जाने-माने चेस्ट फिजिशियन एवं पल्मोनरी मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. नलिन जोशी को नई दिल्ली में आयोजित डॉक्टर्स डे कॉन्क्लेव 2026 पर प्रतिष्ठित ''राजस्थान इंस्पायरिंग चेस्ट स्पेशलिस्ट ऑफ इंडिया” सम्मान से अलंकृत किया है। यह सम्मान छत्तीसगढ़ के राज्यपाल ने प्रदान किया। इस अवसर पर माननीय केंद्रीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. जितेंद्र सिंह, विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस राष्ट्रीय मंच पर देशभर के प्रतिष्ठित चिकित्सक, स्वास्थ्य विशेषज्ञ, नीति-निर्माता, शोधकर्ता एवं चिकित्सा जगत के अग्रणी व्यक्तित्व एकत्रित हुए। इस अवसर पर भारत सरकार की स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री श्रीमती अनुप्रिया पटेल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। डॉ. जोशी को यह राष्ट्रीय सम्मान पल्मोनरी एवं रेस्पिरेटरी मेडिसिन (फेफड़ों एवं श्वसन रोगों) के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट चिकित्सीय योगदान, रोगी-केंद्रित सेवाओं, चिकित्सा अनुसंधान, शैक्षणिक उत्कृष्टता और समाज में श्वसन रोगों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए प्रदान किया। डॉ. जोशी एक प्रतिष्ठित चिकित्सक होने के साथ-साथ उत्कृष्ट शोधकर्ता एवं शिक्षाविद भी हैं। उनके नाम 95 शोध प्रकाशन दर्ज हैं, जिनमें 5 अंतरराष्ट्रीय एवं 91 राष्ट्रीय शोध पत्र शामिल हैं।
हरियाणा के नारनौल के साथ लगते राजस्थान के कोटपूतली में सड़क पर साइड देने को लेकर हरियाणा रोडवेज की चरखी दादरी डिपो की बस के कंडक्टर और एक डंपर ड्राइवर के बीच विवाद हो गया। मामूली कहासुनी देखते ही देखते मारपीट में बदल गई। बीच सड़क हुई धक्का-मुक्की का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। हालांकि, दैनिक भास्कर वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता। मंगलवार सुबह दादरी डिपो की बस नारनौल होते हुए जयपुर जा रही थी। कोटपूतली में करीब 8:50 बजे सड़क पर आगे और पीछे दो बसें खड़ी हो गईं। साइड देने पर हुआ था विवाद इसी दौरान एक बंद डंपर को निकालने के दौरान साइड देने को लेकर विवाद शुरू हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक पहले दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस हुई, लेकिन कुछ ही देर में मामला हाथापाई तक पहुंच गया। अभद्र भाषा का प्रयोग किया आरोप है कि रोडवेज बस के कंडक्टर ने डंपर ड्राइवर के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया। इसके बाद बस रुकने पर कंडक्टर और उसके साथ मौजूद कुछ अन्य लोगों ने डंपर ड्राइवर के साथ धक्का-मुक्की और मारपीट की। वायरल वीडियो में बनियान पहने डंपर ड्राइवर को धक्का देकर सड़क पर गिराते हुए देखा जा सकता है। राहगीरों ने किया बीच-बचाव घटना के समय बस में बड़ी संख्या में यात्री सवार थे। सड़क पर अचानक हुए हंगामे से कुछ देर के लिए माहौल गर्म हो गया। राहगीरों और स्थानीय लोगों ने बीच-बचाव कर मामला शांत कराया। किसी ने शिकायत नहीं दी फिलहाल, किसी भी पक्ष की ओर से पुलिस में शिकायत दर्ज कराए जाने की पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस का कहना है कि यदि शिकायत मिलती है तो वायरल वीडियो और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
पलवल में संयुक्त किसान मोर्चा (SKM) ने केंद्र सरकार के उस फैसले का विरोध किया है, जिसमें हरियाणा के हिस्से का यमुना जल राजस्थान को देने की बात कही गई है। मोर्चा ने तर्क दिया है कि दक्षिणी हरियाणा के पलवल, फरीदाबाद, गुरुग्राम और नूंह जिलों में पहले से ही पानी की भारी कमी है। किसान संगठनों के मुताबिक, इन जिलों के बड़े हिस्से में सिंचाई की उचित व्यवस्था नहीं है। इस कारण किसानों को खेती में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है और उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। मोर्चा का कहना है कि सरकार का यह निर्णय क्षेत्र के किसानों की परेशानी को और बढ़ाएगा। किसान नेता बोले- SYL समझौता लागू नहीं कर रही सरकार इस मुद्दे पर संयुक्त किसान मोर्चा के जिलाध्यक्ष मास्टर महेंद्र सिंह चौहान, धर्मचंद और उदय सिंह ने अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि सतलुज-यमुना लिंक (SYL) नहर समझौता दशकों से लंबित है, लेकिन केंद्र सरकार ने इसे लागू करने के लिए कोई ठोस प्रयास नहीं किए हैं। नेताओं ने बताया कि पिछले 12 वर्षों से केंद्र में भाजपा गठबंधन की सरकार है। पंजाब में भी एक समय अकाली दल-भाजपा गठबंधन की सरकार रही थी। इसके बावजूद, हरियाणा के किसानों के लिए महत्वपूर्ण SYL नहर समझौते को लागू करवाने में केंद्र और राज्य सरकारों ने गंभीरता नहीं दिखाई। राजस्थान को पानी देने से बिगड़ सकती है स्थिति मोर्चा ने जोर दिया कि SYL समझौते के लागू न होने के कारण हरियाणा के बड़े हिस्से में सिंचाई व्यवस्था नहीं हो पाई है। अब सरकार ने यमुना के पानी को राजस्थान में देने का समझौता कर लिया है, जिससे स्थिति और बिगड़ सकती है। संयुक्त किसान मोर्चा ने केंद्र और हरियाणा सरकार से इस फैसले पर पुनर्विचार करने और दशकों से लंबित SYL नहर समझौते को तुरंत लागू करने की मांग की है, ताकि हरियाणा के किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी मिल सके। इस दौरान संयुक्त किसान मोर्चा के नेता मास्टर महेंद्र सिंह चौहान, उदय सिंह सरपंच, किसान सभा के जिला प्रधान रूपराम तेवतिया के साथ किसान नेता डॉ. रघुवीर सिंह, श्याम दत्त नंबरदार और नरेंद्र सहरावत भी शामिल थे।
राजस्थान के भीलवाड़ा में चोर नरेंद्र मोदी का मुखौटा लगाकर आए और दुकान से 40 मोबाइल चुराकर ले गए
rajasthan bhilwara mobile theft: राजस्थान के भीलवाड़ा जिले में एक चौंकाने वाली चोरी की घटना सामने आई है। एक चोर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का मुखौटा लगाकर मोबाइल फोन की दुकान में घुसपैठ की और लगभग 40 मोबाइल फोन चुराकर फरार हो गया। घटना का पूरा ...
सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को आसाराम द्वारा दायर याचिका पर राजस्थान सरकार से जवाब मांगा है। याचिका में आसाराम ने राजस्थान हाईकोर्ट के उस फैसले को चुनौती दी है, जिसमें साल 2013 के नाबालिग से रेप मामले में उम्रकैद की सजा को बरकरार रखा था। न्यायमूर्ति एम.एम. सुंदरेश और न्यायमूर्ति शील नागू की पीठ ने आसाराम की सजा पर रोक लगाने से इनकार करते हुए राजस्थान सरकार को नोटिस जारी किया है। अदालत ने सरकार को 2 सप्ताह के भीतर अपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है। सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता के सीनियर वकील डी.एस. नायडू ने दलील दी कि आसाराम की उम्र 80 साल से अधिक है और वे कई गंभीर बीमारियों से पीड़ित हैं। इस पर सुप्रीम कोर्ट ने जेल प्रशासन को आसाराम के लिए आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। साथ ही पीठ ने मौखिक रूप से टिप्पणी करते हुए कहा- फिलहाल हम जमानत नहीं दे रहे हैं। राज्य सरकार का पक्ष सुनने के बाद यदि ऐसी गंभीर स्थिति सामने आती है, जिससे उनके जीवन को खतरा हो, तभी जमानत पर विचार किया जाएगा। हाईकोर्ट ने बरकरार रखी थी आसाराम की सजा राजस्थान हाईकोर्ट ने 27 मई को फैसले में आसाराम की दोषसिद्धि और उम्रकैद की सजा को बरकरार रखा था। हालांकि, अदालत ने आसाराम को भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) और पॉक्सो अधिनियम के तहत सामूहिक गैंगरेप और बच्चे के साथ गंभीर यौन उत्पीड़न से संबंधित आरोपों से बरी कर दिया था। हाईकोर्ट ने आसाराम को आईपीसी की धारा 376(डी), पॉक्सो अधिनियम की धारा 5(जी)/6 और आईपीसी की धारा 120(बी) (आपराधिक साजिश) के आरोपों से भी मुक्त कर दिया था। हालांकि, अदालत ने आईपीसी की धारा 376(2)(एफ) (नाबालिग से रेप) के तह दोषसिद्धि को बरकरार रखा, जिसके चलते ट्रायल कोर्ट द्वारा सुनाई गई उम्रकैद की सजा यथावत रही। इसके अलावा, हाईकोर्ट ने आईपीसी की धारा 342 (गलत तरीके से बंधक बनाना), 370(4) (मानव तस्करी), 506 (आपराधिक धमकी), 509 (महिला की मर्यादा का अपमान), 354(ए) (यौन उत्पीड़न), पॉक्सो अधिनियम की धारा 7/8 तथा किशोर न्याय (जेजे) अधिनियम की धारा 23 के तहत भी उनकी दोषसिद्धि को बरकरार रखा। साथ ही, आईपीसी की धारा 376 और धारा 34 (समान मंशा) के तहत भी उनकी सजा कायम रखी गई। वहीं, हाईकोर्ट ने इस मामले में सह-आरोपी संचिता गुप्ता उर्फ शिल्पी और शरत चंद्र को सभी आरोपों से बरी कर दिया था। 25 अप्रैल 2018 को ट्रायल कोर्ट ने आसाराम को अपने आश्रम में एक नाबालिग छात्रा के साथ रेप का दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी। --- यह खबर भी पढ़िए… 'भूत का साया' क्या था, शिल्पी-शरत को क्यों बरी किया:आसाराम की सजा बरकरार, 16 सवालों से जानिए हाईकोर्ट का फैसला नाबालिग से रेप के मामले में राजस्थान हाईकोर्ट (जोधपुर मुख्यपीठ) ने आसाराम की आजीवन कारावास की सजा बरकरार रखी है। कोर्ट ने आसाराम की अंतरिम जमानत तुरंत रद्द करते हुए सरेंडर करने का आदेश दिया है। साथ ही तत्काल गिरफ्तारी का वारंट भी जारी कर दिया है। पढ़ें पूरी खबर ---------------
आसाराम को सुप्रीम कोर्ट से राहत नहीं, तत्काल जमानत देने से इनकार; राजस्थान सरकार से मांगा जवाब
नाबालिग दुष्कर्म मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे आसाराम को सुप्रीम कोर्ट से तत्काल जमानत नहीं मिली। अदालत ने राजस्थान सरकार से जवाब तलब करते हुए कहा कि सभी पहलुओं पर विचार के बाद ही फैसला होगा।
जयपुर के सीके बिरला हॉस्पिटल में रोबोटिक तकनिक से राजस्थान का पहला सफल किडनी ट्रांसप्लांट किया गया है। अलग ब्लड ग्रुप (एबीओ-इनकम्पेटिबल) होने के बावजूद पत्नी ने पति के लिए किडनी दान की और रोबोट से सर्जरी की गई। इस सर्जनी का नेतृत्व सीनियर ट्रांसप्लांट सर्जन डॉ.देवेंद्र के.शर्मा ने किया। यह ट्रांसप्लांट बूंदी निवासी एंड स्टेज रीनल डिजीज (ESRD) से पीड़ित मरीज पर किया गया, जो लंबे समय से डायलिसिस पर निर्भर था। मरीज की पत्नी ने किडनी दान करने की इच्छा जताई, लेकिन दोनों के ब्लड ग्रुप अलग थे। मरीज का ब्लड ग्रुप बी-पॉजिटिव, जबकि पत्नी का ए-पॉजिटिव था। इतना ही नहीं, दोनों का एचएलए (ह्यूमन ल्यूकोसाइट एंटीजन) मैच भी शून्य था, जिससे यह ट्रांसप्लांट बेहद चुनौतीपूर्ण बन गया। डॉ. देवेंद्र शर्मा और उनकी टीम ने सर्जरी के दौरान पहले डोनर की किडनी को लैप्रोस्कोपिक डोनर नेफ्रेक्टोमी तकनीक से निकाला गया। इसके बाद रोबोटिक असिस्टेड रीनल एलोग्राफ्ट ट्रांसप्लांट के जरिए नई किडनी मरीज के शरीर में सफलतापूर्वक प्रत्यारोपित की गई। नेफ्रोलॉजिस्ट डॉ. शील भद्र जैन और डॉ. अश्विनी शर्मा ने ऑपरेशन से पहले और बाद में दवाओं तथा इम्यूनोसप्रेशन प्रोटोकॉल का सफल प्रबंधन किया, जिससे मरीज का शरीर नई किडनी को स्वीकार कर सका। सर्जरी के तुरंत बाद नई किडनी ने सामान्य रूप से काम करना शुरू कर दिया। सफल रिकवरी के बाद मरीज को स्वस्थ अवस्था में हॉस्पिटल से छुट्टी दे दी गई। इस जटिल ऑपरेशन में एनेस्थीसिया टीम के डॉ. अतुल और डॉ. रुचि, जबकि सर्जिकल टीम के डॉ. महेश जोशी और डॉ. प्रतीक का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा।
रतलाम शहर के थाना औद्योगिक में पदस्थ हेड कॉन्स्टेबल तपेश गोसाई को राजस्थान के भीलवाड़ा में एसीबी टीम ने सोमवार शाम 50 हजार रुपए की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है। आरोपी हेड कॉन्स्टेबल तपेश गोसाई पर धोखाधड़ी के एक मामले में गिरफ्तार आरोपी के भाई के साथ मारपीट नहीं करने और जांच में सहयोग के बदले 1 लाख 10 हजार रुपए की रिश्वत मांगने का आरोप है। इसके पहले भी वह 10 हजार रुपए ले चुका था और शेष राशि में से 50 हजार रुपए लेने के लिए भीलवाड़ा के एक होटल में पहुंचा था। जिस होटल में आरोपी अपनी टीम के साथ ठहरा था, उसी होटल में एसीबी ने भी गोपनीय रूप से डेरा डाल रखा था। जैसे ही उसने कमरे में परिवादी से रिश्वत की रकम ली, एसीबी टीम ने तुरंत दबिश देकर उसे रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। रतलाम से जुड़ा है मामलाएसीबी के महानिदेशक पुलिस गोविन्द गुप्ता ने बताया, मामला रतलाम (मध्यप्रदेश) के 80 फीट रोड निवासी व्यापारी रतन जांगिड़ की शिकायत से जुड़ा था। उन्होंने आरोप लगाया था कि जूनावास (भीलवाड़ा) निवासी मोहम्मद लियाकत ने रतलाम में नए आरटीओ कार्यालय के सामने स्थित बंद पड़ी ऑयल मिल और जमीन का 11 करोड़ 10 लाख रुपए में सौदा कर 25 लाख 76 हजार रुपए ले लिए, लेकिन न जमीन का अनुबंध कराया और न ही मालिक से मुलाकात कराई। इस शिकायत पर औद्योगिक क्षेत्र थाना पुलिस ने धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया था और आरोपी को जांच के लिए रविवार को भीलवाड़ा लाया गया था। भीलवाड़ा एसीबी-द्वितीय को शिकायत मिली थी कि हेड कॉन्स्टेबल तपेश गोसाई, जो रतलाम के औद्योगिक क्षेत्र थाने में दर्ज एक धोखाधड़ी के मामले की जांच कर रहा था, परिवादी से रिश्वत मांग रहा है। शिकायत के सत्यापन के बाद एसीबी ने ट्रैप की योजना बनाई। पहले 10 फिर 50 हजार लेने बुलायाएसीबी महानिदेशक के अनुसार जांच में सामने आया कि हेड कॉन्स्टेबल तपेश गोसाई ने गिरफ्तार आरोपी के भाई के साथ मारपीट नहीं करने और मामले में सहयोग करने के बदले 1 लाख 10 हजार रुपए की रिश्वत मांगी थी। आरोपी पहले ही 10 हजार रुपए ले चुका था। इसके बाद शेष राशि में से 50 हजार रुपए लेने के लिए भीलवाड़ा के सर्किट हाउस के पास स्थित एक होटल में समय तय किया गया। वर्दी की जेब से मिले 50 हजार रुपएडिप्टी एसपी नरपत सिंह चारण के नेतृत्व में एसीबी टीम ने होटल में ट्रैप कार्रवाई की। इस दौरान हेड कॉन्स्टेबल तपेश गोसाई (40), निवासी रतलाम, परिवादी से 50 हजार रुपए लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया गया। तलाशी के दौरान रिश्वत की पूरी राशि उसकी पहनी हुई पुलिस वर्दी की पैंट की जेब से बरामद हुई। एसीबी ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है और मामले में आगे की कार्रवाई जारी है। रिश्वत लेते हेड कॉन्स्टेबल को सोमवार को पकड़ा था। टीम से अलग कमरे में बुलाकर लिए रुपएट्रैप कार्रवाई के दौरान हेड कॉन्स्टेबल तपेश गोसाई होटल के कमरा नंबर 104 में अपनी टीम से अलग ठहरा हुआ था। उसने परिवादी को इसी कमरे में रुपए लेकर आने के लिए बुलाया था। जबकि उसके साथ आई एएसआई सहित चार अन्य पुलिसकर्मी होटल के कमरा नंबर 105 में रुके हुए थे। शिकायत के सत्यापन के बाद बनाई गई रणनीति के तहत एसीबी टीम ने पूरी कार्रवाई को अंजाम दिया। जैसे ही आरोपी हेड कॉन्स्टेबल ने परिवादी से 50 हजार रुपए लिए, टीम ने तत्काल उसे दबोच लिया। रिश्वत की राशि मौके पर ही बरामद कर ली गई। अब आरोपी से पूछताछ के साथ मामले की विस्तृत जांच की जा रही है।
पुणे में 18 जून को केतन अग्रवाल हत्याकांड में गिरफ्तार सिया गोयल और उसके बॉयफ्रेंड चेतन चौधरी को लेकर लगातार नए खुलासे हो रहे हैं। पुणे में रहने वाले जोधपुर के चेतन के कुछ दोस्तों ने बताया कि चेतन के पिता की दुकान के सामने सिया गोयल के पिता का ऑफिस था। वह कॉलेज में पढ़ाई करते वक्त क्रिकेट खेलने के दौरान सिया के भाई साहिल के संपर्क में आया। इसके बाद सिया से दोस्ती हुई। दोनों को साथ घूमते उसके दोस्तों ने भी देखा था। चेतन ने अपने दोस्तों को बताया था कि वह और सिया रिलेशनशिप में हैं और जल्द ही शादी करेंगे। चेतन कई बार सिया को मारवाड़ी महिलाओं के पहनावे और राजस्थान के कल्चर से जुड़ी रील्स दिखाता था। सिया कई बार राजस्थान घूमने आई थी। उसने दोस्तों को बताया था कि- सिया और वह शादी के बाद उदयपुर या जोधपुर में शिफ्ट हो जाएंगे। इसके लिए सिया अपने परिवार से पैसों का इंतजाम कर लेगी। चेतन ने केतन हत्याकांड से दो–तीन महीने से समाज के लोगों और दोस्तों से मिलना भी बंद कर दिया था। मामले में पुणे पुलिस सिया और चेतन के मोबाइल डाटा की रिकवरी कर सर्च हिस्ट्री का पता लगा रही है। रिश्तेदार के पास रह रहा चेतन का परिवार पुणे में मार्केट यार्ड नाम के इलाके में जोधपुर के पलासनी गांव के चेतन के पिता बाबूलाल सीरवी की दुकान थी। 25 जून से दुकान बंद है और चेतन का परिवार घर के बजाय रिश्तेदार के वहां रह रहा है। इलाके में अधिकांश दुकानें मारवाड़–मेवाड़ के लोगों की है। जहां वे ड्राइफ्रूट और किराना का बिजनेस करते हैं। मार्केट में पाली, जोधपुर, नागौर, उदयपुर, जालोर–सिरोही के लोग बिजनेस करते हैं। वे परिवार के साथ मार्केट में दुकान के ऊपर ही रहते हैं। मार्केट यार्ड में अधिकांश व्यापारियों ने 27 जून को कैंडल मार्च निकालने की घटना के बाद से दुकान नहीं खोली हैं। मार्केट में दिन–रात पुलिस का पहरा है। घटना सामने आने के बाद से लोग चेतन को लेकर गुस्से में हैं। इस वजह से पुणे में मारवाड़ी लोगों के खिलाफ माहौल गरम है। ऐसे में वहां रहने वाले लोग भय व दहशत में रह रहे हैं। अभी माहौल गरम, कुछ बोले तो पुलिस–पब्लिक का डर पुणे के मार्केट यार्ड में 40 साल से बिजनेस कर रहे सोजत (पाली) के 65 साल के व्यक्ति ने बताया कि पुणे में काफी मारवाड़ी हैं। कई बार पहले भी हत्या, लूट और चोरी जैसे मामले में मारवाड़ के लोगों की गिरफ्तारी हुई है। लेकिन केतन हत्याकांड के बाद लोकल व मारवाड़ी लोगों के बीच खाई बनती जा रही है, जिसे ठीक होने में समय लगेगा। यहां रहने वाले बाली (पाली) के 35 साल के व्यक्ति ने बताया कि 27 जून को इस केस से आक्रोशित लोगों ने कैंडल मार्च निकाला था। कैंडल मार्च में मारवाड़ी लोग भी शामिल हुए, लेकिन अभी तक माहौल गरम है। इसलिए चेतन–सिया और उसके परिवार के बारे में कोई भी खुलकर नहीं बोल रहा है। दोनों के परिवार वालों को रिश्ते की जानकारी थी इधर, पुणे पुलिस की ओर से रिमांड में की गई पूछताछ से सामने आया है कि सिया और चेतन के रिश्ते की जानकारी दोनों परिवार को थी। सिया के परिवार ने केतन हत्याकांड के बाद चेतन के परिवार को घटना के बारे में बताया था। हालांकि उस वक्त तक दोनों परिवार को यह नहीं पता था कि केतन की हत्या में सिया या चेतन शामिल हैं। केतन हत्याकांड में कब क्या हुआ? 31 मई: सिया को केतन की हत्या का प्लान सूझा 11 फरवरी को सगाई के बाद केतन, सिया को घर लेकर आता था, साथ घुमाने ले जाता था। उसे ट्रैकिंग यानी पहाड़ी चढ़ने का शौक था। उसने सिया से ट्रैकिंग के लिए लोहगढ़ किले चलने को कहा। यहीं सिया को केतन की हत्या की प्लान सूझा। 5 जून: किले पर जाने की जिद की, केतन नहीं गया सिया ने 4 जून को केतन से दोबारा लोहगढ़ किला जाने की जिद की। केतन नहीं माना। 6 जून को केतन, उनकी बहन, एक दोस्त और सिया के इंडोनेशिया के बाली जाने के टिकट बुक थे। पुणे पुलिस के मुताबिक बाली न जाना पड़े, इसलिए सिया ने केतन का पासपोर्ट छिपा लिया। 14 जून: दूसरी कोशिश, धक्का दिया, लेकिन केतन बच गया सिया ने केतन से दोबारा किले पर चलने को कहा। पुलिस के मुताबिक 14 जून को दोनों किले पहुंचे। सिया ने केतन को धक्का दिया। लेकिन पेड़ का सहारा मिलने से केतन बच गया। उसने पूछा- धक्का क्यों दिया? सिया ने कहा, ‘एक सांप था, तुम्हें उससे बचाने के लिए धक्का दिया।’ केतन ने घर आकर सबको बताया कि सिया की वजह से उसकी जान बच गई। 18 जून: तीसरी कोशिश में बॉयफ्रेंड के साथ मिलकर धक्का दिया 19 जून को सिया का जन्मदिन मनाने के लिए केतन ने महाबलेश्वर में एक लग्जरी रिजॉर्ट बुक किया था। सिया ने उससे पहले केतन को प्री-वेडिंग फोटोशूट की बात कहकर लोहगढ़ किले पर जाने के लिए मना लिया। इस बार पीछे-पीछे चेतन भी था। एक जगह जब केतन पहाड़ियों की तरफ देख रहा था, तभी दोनों ने उसे पीछे से धक्का दे दिया। …. केतन हत्याकांड से जुड़ी ये खबरें भी पढ़िए… 1. बॉयफ्रेंड चेतन के साथ उदयपुर आई थी सिया:3 करोड़ में बुक किया था आलीशान रिसॉर्ट, केतन से यहीं शादी करने की जिद की थी पुणे (महाराष्ट्र) के चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड की आरोपी सिया गोयल अपने बॉयफ्रेंड चेतन चौधरी (23) के साथ उदयपुर भी आई थी। पूरी खबर पढ़िए… 2. जोधपुर का रहने वाला है सिया का बॉयफ्रेंड चेतन चौधरी:गर्लफ्रेंड को पुणे से मेहरानगढ़ किला घुमाने लाया था, पैतृक घर पहुंचा भास्कर पुणे (महाराष्ट्र) में चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड की आरोपी मंगेतर सिया गोयल का बॉयफ्रेंड चेतन चौधरी (23) जोधपुर का रहने वाला है। चेतन का बिलाड़ा कस्बे के पलासनी गांव में पैतृक घर है। पूरी खबर पढ़िए…
राजस्थान में भीषण गर्मी और उमस ने लोगों का हाल बेहाल कर दिया है। श्रीगंगानगर 45.1 डिग्री तापमान के साथ सोमवार को देश का सबसे गर्म जिला रहा। वहीं, जोधपुर, बीकानेर में भी इन दिनों मई जैसी गर्मी महसूस हो रही है। वहीं, कोटा, झालावाड़, बारां सहित कई जिलों में कल हल्के बादल छाए रहे। कुछ जिलों में बारिश भी हुई। मौसम विभाग ने मंगलवार को भी प्रदेश के 26 जिलों में आंधी और बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। मौसम एक्सपर्ट के अनुसार राज्य में इस सप्ताह के अंत तक मानसून की एंट्री हो सकती है। कोटा, बारां के एरिया से मानसून के राजस्थान में प्रवेश करने की संभावना है। राजस्थान के मौसम की PHOTOS… ये शहर सबसे ज्यादा गर्म गर्मी-बारिश की बड़ी अपडेट्स कुछ एरिया में बारिश से राहत: पिछले 24 घंटों में झालावाड़ के अकलेरा में 6 मिमी, खानपुर में 12 मिमी, पिड़ावा में 3 मिमी, भरतपुर के नगर में 11 मिमी और अलवर के कठूमर में 9 मिमी बारिश दर्ज की गई। इन जिलों के अलावा दौसा और डूंगरपुर के इलाकों में भी हल्की बूंदाबांदी हुई। पारा 45 डिग्री सेल्सियस पार: सोमवार को सबसे ज्यादा तापमान श्रीगंगानगर में 45.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। फलोदी में 43.6, चूरू, बीकानेर में 42.8, बाड़मेर में 42.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। इधर कोटा, बूंदी, टोंक, अजमेर, भीलवाड़ा समेत कई जिलों में गर्मी के साथ तेज उमस रही। राज्य के अधिकांश जिलों में ह्यूमिडिटी लेवल 60 से ऊपर है। आगे कैसा रहेगा मौसम… राजस्थान के बड़े शहरों में कैसा रहा मौसम जयपुर: राजधानी में सोमवार को सुबह हल्की बूंदाबांदी के बाद हवा थमने से उमस अचानक बढ़ गई, जिससे दिनभर लोग गर्मी और चिपचिपाहट से परेशान रहे। जयपुर में सोमवार को अधिकतम तापमान 40.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। धूप में भी तेजी होने से लोग परेशान रहे। उदयपुर: लेकसिटी में सोमवार सुबह से मौसम सामान्य और सुहावना रहा। पिछले दिनों हुई बारिश के कारण हवा में ठंडक घुली हुई है। यहाँ अधिकतम तापमान 36.6 डिग्री और न्यूनतम तापमान 24.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कोटा: सोमवार को गर्मी और उमस का तीखा असर बना रहा। यहां अधिकतम तापमान 39.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान भी बढ़कर 29.4 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। दिनभर हवा में नमी के कारण लोगों को उमस भरी गर्मी से जूझना पड़ा। अलवर: तेज गर्मी और उमस ने लोगों को बेहाल कर दिया है। सोमवार को अधिकतम तापमान करीब 41 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। दोपहर में कुछ समय के लिए आसमान में बादल जरूर छाए, लेकिन गर्मी से कोई राहत नहीं मिली। शाम करीब 6 बजे के बाद भी जिले के कई इलाकों में फिर से घने बादल नजर आए। जोधपुर: गर्मी और उमस का दौर लगातार जारी है। जिले का अधिकतम तापमान 41.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 2.6 डिग्री अधिक है। वहीं, न्यूनतम तापमान भी सामान्य से 4.1 डिग्री अधिक 32.3 डिग्री रहा। मौसम विभाग ने जोधपुर में जुलाई के पहले सप्ताह से बारिश की संभावना जताई है। अजमेर: सोमवार को सुबह से ही लोग तीखी धूप और उमस से परेशान रहे। अजमेर में सोमवार को अधिकतम तापमान 39.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 29.4 डिग्री सेल्सियस रहा। गर्मी के कारण दोपहर के समय सड़कों पर आवाजाही भी कम नजर आई। सीकर: जिले में दिनभर बादल छाए रहे। उमस और तीखी गर्मी से लोग परेशान रहे। मौसम विभाग के अनुसार आगामी दिनों में जिले में अच्छी बारिश होने की संभावना है। जिससे तापमान में गिरावट आएगी। सीकर में सोमवार को अधिकतम तापमान 39.5 डिग्री सेल्सियस, वहीं न्यूनतम तापमान 28.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
राष्ट्रीय पावरलिफ्टिंग : राजस्थान ने जीते 15 पदक, सब जूनियर बालक वर्ग में बना चैंपियन
उदयपुर | हैदराबाद के जीएमसी बालयोगी स्टेडियम में संपन्न राष्ट्रीय सब जूनियर एवं जूनियर इक्विप्ड पावरलिफ्टिंग प्रतियोगिता में राजस्थान टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए कुल 15 पदक (4 स्वर्ण, 8 रजत और 3 कांस्य) जीते हैं। राजस्थान ने सब जूनियर बालक वर्ग में टीम चैंपियनशिप का खिताब जीता, जबकि सब जूनियर बालिका वर्ग में टीम उपविजेता रही। संघ के आयोजन सचिव विनोद साहू ने बताया कि सब जूनियर वर्ग में रंजीत मंडल, श्रीकांत बिस्सा, ममता चांवरिया और कशिश बन ने स्वर्ण; व्योम जावा, सांकेत चतुर्वेदी, सिद्धि कुमारी ने रजत और जीनल गुजराती ने कांस्य पदक जीता। जूनियर वर्ग में चिराग शर्मा, प्रिंस, महेश कुमार, भूमिका सारस्वत व आकांक्षा कुमावत ने रजत, जबकि जितेंद्र शर्मा और मनीष चौधरी ने कांस्य पदक हासिल किया। टीम के कोच आशीष जैमन, हंसराज किराडू और आशीष ओझा थे। इस उपलब्धि पर संघ के अध्यक्ष दिनेश श्रीमाली व सचिव डॉ. देवेंद्र साहू ने बधाई दी। सभी विजेताओं को अगले माह जुलाई में होने वाली राज्य सीनियर प्रतियोगिता में सम्मानित किया जाएगा।
इंटरनेशनल पिच पर राजस्थान टूरिज्म की ब्रांडिंग, भारत-आयरलैंड मैच में मिला मंच
उदयपुर | विदेशी पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए पर्यटन विभाग ने नई पहल शुरू की है। अब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों के जरिए भी राजस्थान टूरिज्म का प्रचार किया जा रहा है। हाल ही भारत और आयरलैंड के बीच हुई दो टी20 मैचों की सीरीज के दौरान मैदान के चारों ओर राजस्थान टूरिज्म की ब्रांडिंग की गई। विभाग का उद्देश्य मैच देखने स्टेडियम पहुंचे दर्शकों के साथ-साथ टीवी पर मुकाबले देखने वाले करोड़ों लोगों तक राजस्थान की पर्यटन संभावनाओं को पहुंचाना है। विभाग का मानना है कि ऐसे अंतरराष्ट्रीय मंचों पर प्रचार-प्रसार से न केवल देश बल्कि विदेशों में भी राजस्थान की पहचान और मजबूत होगी। खासकर आयरलैंड जैसे देशों से, जहां से अभी प्रदेश में पर्यटकों की संख्या अपेक्षाकृत कम है, वहां से पर्यटकों की संख्या बढ़ाने में यह पहल अहम साबित हो सकती है। दूसरा पहलू ये भी है कि कोविड टाइम के बाद विदेशी पर्यटक कुछ घटे हैं। अधिकारियों के अनुसार इस तरह की मार्केटिंग से विदेशी पर्यटकों की आवाजाही बढ़ेगी। उदयपुर में हर साल करीब दो लाख विदेशी पर्यटक आते हैं। विभाग को उम्मीद है कि इस पहल से आने वाले समय में यह संख्या और बढ़ेगी। पर्यटन विभाग की योजना भविष्य में अन्य बड़े अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों और खेल आयोजनों में भी राजस्थान टूरिज्म का इसी तरह प्रचार करने की है, ताकि प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत और प्रमुख पर्यटन स्थलों को विश्व स्तर पर अधिक पहचान मिल सके। होटल एसोसिएशन बोला- इससे पर्यटन उद्योग को नई गति मिलेगी होटल एसोसिएशन दक्षिणी राजस्थान के सचिव राकेश चौधरी ने इस पहल को सराहनीय और दूरदर्शी बताया। उन्होंने कहा कि क्रिकेट जैसे वैश्विक मंच पर राजस्थान पर्यटन का प्रचार प्रदेश की समृद्ध संस्कृति, गौरवशाली विरासत और पर्यटन स्थलों को दुनिया भर में नई पहचान दिलाएगा। इससे पर्यटन उद्योग को नई गति मिलेगी और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। पर्यटन विभाग का टारगेट- विदेशों के पर्यटक, जो कोरोना काल के बाद कम हुए
राजस्थान विश्वविद्यालय ने सत्र 2026-27 के ग्रेजुएशन एडमिशन के लिए पहली मेरिट लिस्ट जारी कर दी है। यूनिवर्सिटी महारानी कॉलेज, महाराजा कॉलेज, राजस्थान कॉलेज और यूनिवर्सिटी कॉमर्स कॉलेज समेत सभी संघटक कॉलेजों की पहली कट-ऑफ सोमवार को वेबसाइट पर अपलोड कर दी गई। सीटों के मुकाबले कई गुना आवेदन आने के कारण इस बार अधिकांश लोकप्रिय कोर्सों की कट-ऑफ पिछले सालों की तुलना में अधिक रही।पहली मेरिट लिस्ट में चयनित विद्यार्थियों को 30 जून से 2 जुलाई तक संबंधित कॉलेज में दस्तावेजों का सत्यापन कराना होगा। इसके बाद 3 जुलाई तक फीस जमा कर प्रवेश सुनिश्चित करना होगा।महारानी कॉलेज में बीकॉम पास कोर्स की कट-ऑफ सबसे ज्यादा 97%यूनिवर्सिटी महारानी कॉलेज में कॉमर्स संकाय की कट-ऑफ सबसे अधिक रही। बीकॉम पास कोर्स में सामान्य वर्ग की कट-ऑफ 97 प्रतिशत रही। ओबीसी के लिए 94.40, एससी 87.20, एसटी 75.60, ईडब्ल्यूएस 92.40 और एमबीसी 80.40 प्रतिशत रही।बीकॉम मेजर (एबीएसटी) में सामान्य वर्ग की कट-ऑफ 96.20 प्रतिशत, ओबीसी 92.30, एससी 79, एसटी 61, ईडब्ल्यूएस 91.20 और एमबीसी 80.80 प्रतिशत रही। बीकॉम मेजर (बीएडीएम) में सामान्य वर्ग की कट-ऑफ 95.40 प्रतिशत, जबकि बीकॉम मेजर (ईएएफएम) में 96.20 प्रतिशत रही। वहीं बीबीए (एसएफएस) में सामान्य वर्ग की कट-ऑफ 91.20 प्रतिशत रही। राजस्थान कॉलेज में बीए के लिए 95.79% तक पहुंची कट-ऑफराजस्थान कॉलेज में थ्री/फोर ईयर बीए पास कोर्स (डे) में सामान्य वर्ग की कट-ऑफ 95.79 प्रतिशत रही। ओबीसी 93.80, एससी 91, एसटी 91.60, ईडब्ल्यूएस 92.40 और एमबीसी 93 प्रतिशत रही।एसएफएस बीए पास कोर्स में सामान्य वर्ग की कट-ऑफ 68.40 प्रतिशत रही। बीए मेजर में भूगोल और राजनीति विज्ञान के लिए सामान्य वर्ग की कट-ऑफ 94-94 प्रतिशत रही। अर्थशास्त्र में 91.60, इतिहास में 90.60, अंग्रेजी साहित्य में 90, हिंदी में 75.80, मनोविज्ञान में 74 और समाजशास्त्र में 70 प्रतिशत कट-ऑफ रही। लोक प्रशासन विषय में 50 प्रतिशत तक प्रवेश रखा गया है। कॉमर्स कॉलेज में बीकॉम रेगुलर के लिए 93% कट-ऑफकॉमर्स कॉलेज में बीकॉम रेगुलर के लिए सामान्य वर्ग की कट-ऑफ 93 प्रतिशत रही। ओबीसी 88, एससी 75, एसटी 45.20, एमबीसी 61.60 और ईडब्ल्यूएस 85 प्रतिशत रही।बीबीए में सामान्य वर्ग की कट-ऑफ 90.20 प्रतिशत, बीसीए में 87.60 प्रतिशत रही। बीकॉम (एबीएसटी) में सामान्य वर्ग की कट-ऑफ 93 प्रतिशत, बीकॉम (बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन) में 86.50 प्रतिशत और बीकॉम (ईएएफएम) में 84.60 प्रतिशत रही। बीकॉम (एसएफएस) में सामान्य वर्ग की कट-ऑफ 75 प्रतिशत और बीकॉम (बीएफएसआई) में 75.80 प्रतिशत रही। महाराजा कॉलेज में बीएससी (मैथ्स) की कट-ऑफ सबसे ज्यादा 96%महाराजा कॉलेज में विज्ञान संकाय की पहली मेरिट लिस्ट में सबसे अधिक कट-ऑफ बीएससी (मैथ्स) के लिए रही। सामान्य वर्ग में बीएससी (मैथ्स) की कट-ऑफ 96 प्रतिशत दर्ज की गई। इसके अलावा बीएससी (मैथ्स ग्रुप) में 95.40 प्रतिशत, बीएससी (फिजिक्स) में 95.40 प्रतिशत, बीएससी (केमिस्ट्री) में 93.40 प्रतिशत, बीएससी (जूलॉजी) में 92 प्रतिशत, बीएससी (बायो ग्रुप) में 91.20 प्रतिशत और बीएससी (बॉटनी) में 91 प्रतिशत कट-ऑफ रही। वहीं बीसीए में सामान्य वर्ग की कट-ऑफ 90 प्रतिशत और बीएससी (स्टैटिस्टिक्स) में 71 प्रतिशत रही। अधिकांश पाठ्यक्रमों में ओबीसी, एससी, एसटी, ईडब्ल्यूएस और एमबीसी वर्ग की कट-ऑफ भी 80 से 94 प्रतिशत के बीच रही, जिससे स्पष्ट है कि इस बार महाराजा कॉलेज में भी प्रवेश के लिए कड़ा मुकाबला देखने को मिला। रिक्त सीटें बचने पर जल्द जारी होगी दूसरी मेरिट लिस्ट राजस्थान विश्वविद्यालय में इस बार 22 हजार से अधिक आवेदन प्राप्त हुए हैं, जबकि चारों संघटक कॉलेजों में करीब 6700 आवेदन जमा हुए। सीटों की तुलना में कई पाठ्यक्रमों में तीन गुना तक आवेदन आने से प्रवेश के लिए प्रतिस्पर्धा बढ़ी और पहली कट-ऑफ भी ऊंची रही। विश्वविद्यालय के अनुसार पहली मेरिट लिस्ट में चयनित विद्यार्थियों को 30 जून से 2 जुलाई तक दस्तावेज सत्यापन कराना होगा। इसके बाद 3 जुलाई तक फीस जमा करने के बाद संबंधित कॉलेजों में प्रवेश प्रक्रिया पूरी की जाएगी। रिक्त सीटें बचने पर विश्वविद्यालय दूसरी मेरिट लिस्ट जारी करेगा।
राजस्थान की उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी से राजस्थान फोरम के संस्थापक एवं प्रख्यात संस्कृतिविद्, संदीप भुतोड़िया ने कोलकाता के आईटीसी सोनार में शिष्टाचार भेंटे की। इस अवसर पर भुतोड़िया ने बंगाल का पारंपरिक कांथा दुपट्टा ओढ़ाकर उप मुख्यमंत्री का अभिनंदन किया और साथ ही गुरुदेव रवीन्द्रनाथ टैगोर की गीतांजलि पुस्तक भेंट स्वरूप प्रदान की । इस दौरान उन्होंने उप मुख्यमंत्री को राजस्थान फोरम की ओर से संचालित सांस्कृतिक, साहित्यिक एवं सामाजिक गतिविधियों के बारे में अवगत कराया और आगामी कार्यक्रमों एवं पहलों पर विस्तार से चर्चा की। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री दिया ने कहा कि राजस्थान की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत हमारी अमूल्य धरोहर है। राजस्थान फोरम द्वारा कला, संस्कृति, साहित्य और लोक परंपराओं के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए किए जा रहे प्रयास अत्यंत सराहनीय हैं। मुझे विश्वास है कि संस्था भविष्य में भी अपनी सांस्कृतिक पहलों के माध्यम से राजस्थान की गौरवशाली विरासत को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती रहेगी। उल्लेखनीय है कि भूतोड़िया देशभर में विशेषकर राजस्थान और जयपुर में कला, संस्कृति एवं साहित्य के सक्रिय प्रवर्तक के रूप में प्रतिष्ठित हैं। भारतीय लोक कला, सांस्कृतिक विरासत और पारंपरिक मूल्यों के संरक्षण एवं संवर्धन के प्रति उनका योगदान व्यापक रूप से सराहा जाता रहा है।
स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने फर्जी FMGE (फॉरेन मेडिकल ग्रेजुएट एग्जामिनेशन) सर्टिफिकेट मामले में विदेश से MBBS करने वाले तीन और डॉक्टरों को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने 25 लाख रुपए तक खर्च कर फर्जी प्रमाण-पत्र तैयार करवाए और उनके आधार पर राजस्थान मेडिकल काउंसिल में पंजीकरण कराकर मेडिकल कॉलेजों में इंटर्नशिप भी की। मामला एसओजी थाने में दर्ज एफआईआर संख्या 08/2026 से जुड़ा है, जिसमें धोखाधड़ी, जालसाजी और आपराधिक साजिश की धाराओं में जांच चल रही है। फिलहाल एसओजी की टीम आरोपियों से पूछताछ में जुट गई है। गिरफ्तार आरोपी डॉक्टर्स के नाम नवदीप तंबोलिया (27), निवासी उम्मेदगढ़, बागीदौरा, जिला बांसवाड़ा, चिराग साहू (28), निवासी छोटी सादड़ी, जिला प्रतापगढ़ और आफरीदी खान (25), निवासी मंडावर, जिला दौसा है। तीनों आरोपियों को 28 और 29 जून 2026 को गिरफ्तार किया गया। कई सरकारी मेडिकल कॉलेजों में की इंटर्नशिप ADG (एसओजी) विशाल बंसल ने बताया- जांच में खुलासा हुआ कि विदेश से MBBS करने के बाद FMGE स्क्रीनिंग परीक्षा पास नहीं कर पाने वाले अभ्यर्थियों के लिए फर्जी सर्टिफिकेट तैयार किए गए। इन प्रमाणपत्रों के आधार पर राजस्थान मेडिकल काउंसिल में रजिस्ट्रेशन कराया गया और कई सरकारी मेडिकल कॉलेजों में इंटर्नशिप भी की गई। तीनों आरोपियों पर आरोप है कि उन्होंने क्रमशः किर्गिस्तान और कजाकिस्तान से एमबीबीएस करने के बाद फर्जी एफएमजीई प्रमाण पत्र बनवाए और इसके जरिए मेडिकल कॉलेजों में इंटर्नशिप की। जांच के अनुसार, फर्जी सर्टिफिकेट बनवाने के लिए 23.5 लाख से 25 लाख रुपए तक की रकम चुकाई गई। इस रैकेट का मुख्य सरगना भानाराम माली और उसके सहयोगी पहले ही गिरफ्तार किए जा चुके हैं। आरोप है कि गिरोह प्रत्येक अभ्यर्थी से 20 से 30 लाख रुपए लेकर फर्जी प्रमाणपत्र तैयार करता था। तीनों आरोपियों को अदालत में पेश कर 4 जुलाई तक पुलिस रिमांड पर लिया गया है। एसओजी पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने और अन्य आरोपियों की भूमिका की जांच में जुटी हुई है। नवदीप तंबोलिया ने वर्ष 2022 में किर्गिस्तान से किया था एमबीबीएस पूछताछ में सामने आया कि नवदीप तंबोलिया ने वर्ष 2022 में किर्गिस्तान से एमबीबीएस किया था। भारत लौटने के बाद उसने कई बार एफएमजीई परीक्षा दी, लेकिन सफल नहीं हुआ। इसके बाद अपने गांव के पड़ोसी निशांत टेलर के माध्यम से पहले से गिरफ्तार आरोपी शुभम गुर्जर से संपर्क किया। करीब 25 लाख रुपए देकर फर्जी एफएमजीई सर्टिफिकेट बनवाया। इसके आधार पर उसने राजकीय मेडिकल कॉलेज दौसा में इंटर्नशिप भी कर ली। शुभम गुर्जर पहले से न्यायिक हिरासत में है। चिराग साहू ने वर्ष 2023 में कजाकिस्तान से किया था एमबीबीएस चिराग साहू ने वर्ष 2023 में कजाकिस्तान से एमबीबीएस किया। कई प्रयासों के बावजूद एफएमजीई परीक्षा पास नहीं कर पाया। इसके बाद कजाकिस्तान में साथ पढ़ने वाले विकास यादव के जरिए 23.50 लाख रुपए में फर्जी एफएमजीई सर्टिफिकेट बनवाया और राजकीय पैसिफिक मेडिकल कॉलेज, उदयपुर में इंटर्नशिप की। विकास यादव को एसओजी 26 मार्च 2026 को ही गिरफ्तार कर चुकी है और वह न्यायिक हिरासत में है। आफरीदी खान ने वर्ष 2022 में कजाकिस्तान से किया था एमबीबीएस आफरीदी खान ने वर्ष 2022 में कजाकिस्तान से एमबीबीएस किया था। भारत लौटने के बाद कई बार एफएमजीई परीक्षा में असफल रहा। इसके बाद उसने अपने सीनियर शुभम गुर्जर के माध्यम से 25 लाख रुपए देकर फर्जी एफएमजीई सर्टिफिकेट बनवाया और राजकीय मेडिकल कॉलेज अलवर में इंटर्नशिप पूरी की। पूरे रैकेट का मास्टरमाइंड था भानाराम माली ADG (एसओजी) विशाल बंसल ने बताया- एसओजी की जांच में सामने आया है कि इस पूरे रैकेट का मास्टरमाइंड भानाराम माली था। वह अपने सहयोगियों शुभम गुर्जर और इंद्रराज गुर्जर के साथ मिलकर फर्जी एफएमजीई सर्टिफिकेट तैयार करवाता था। इसके बाद राजस्थान मेडिकल काउंसिल में पंजीयन कराने की व्यवस्था भी यही गिरोह करता था। इसके लिए प्रत्येक अभ्यर्थी से 20 से 30 लाख रुपए वसूले जाते थे। इस मामले में पहले ही फर्जी सर्टिफिकेट के आधार पर इंटर्नशिप करने वाले 17 डॉक्टर, राजस्थान मेडिकल काउंसिल के तत्कालीन रजिस्ट्रार डॉ. राजेश शर्मा, यूडीसी अखिलेश माथुर, एलडीसी फरहान हसन, मुख्य आरोपी भानाराम माली और एक दलाल सहित कुल 25 आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके थे। अब तीन और डॉक्टरों की गिरफ्तारी के बाद कुल गिरफ्तार आरोपियों की संख्या 28 हो गई है। ---------------- मामले से जुड़ी ये खबरें भी पढ़िए… विदेश से MBBS करके आए 3 डॉक्टर गिरफ्तार:तीनों ने 74 लाख रुपए में बनवाए थे फर्जी सर्टिफिकेट; RMC में करवा लिया रजिस्ट्रेशन राजस्थान स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने विदेश (कजाकिस्तान) से MBBS करने वाले तीन डॉक्टर को शनिवार को गिरफ्तार किया। आरोप है कि तीनों डॉक्टर ने कुल 74 लाख रुपए देकर फॉरेन मेडिकल ग्रेजुएट (FMG) का फर्जी सर्टिफिकेट बनवाया। (पूरी खबर पढ़ें…) 5 लाख लेकर फर्जी प्रमाण-पत्र को वेरिफाई करने वाला गिरफ्तार:सरकारी कर्मचारी ने विदेश से MBBS करने वाले स्टूडेंट्स के फर्जी रजिस्ट्रेशन किए विदेश से MBBS करने वालों को नौकरी नहीं मिलेगी:प्राइवेट प्रैक्टिस भी नहीं कर पाएंगे, राजस्थान मेडिकल काउंसिल ने रजिस्ट्रेशन अटकाया
यमुना जल परियोजना को लेकर राजस्थान और हरियाणा के बीच समझौता
नई दिल्ली/जयपुर। केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में हुई बैठक में सोमवार को नई दिल्ली में यमुना जल परियोजना को लेकर राजस्थान और हरियाणा के बीच समझौता पत्र पर हस्ताक्षर किए गए। इस पत्र पर केन्द्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी […] The post यमुना जल परियोजना को लेकर राजस्थान और हरियाणा के बीच समझौता appeared first on Sabguru News .
हरियाणा के हिसार घग्घर मल्टीपरपज ड्रेन से नोहर फीडर नहर पर ओवरफ्लो पानी की निकासी के लिए चल रहे निर्माण कार्य को लेकर विवाद गहरा गया है। इसका पता चलते ही सोमवार को राजस्थान के नोहर तहसील के लगभग 20 से 25 गांवों के किसान हरियाणा के चौपटा स्थित नहर स्थल पर पहुंचे और धरना शुरू कर दिया। किसानों ने मौके पर दरी बिछाकर प्रदर्शन किया और राजस्थान के नोहर नहरी विभाग के सहायक अभियंता (एसी) संजीव वर्मा तथा अनुविभागीय अधिकारी (एसडीओ) मनदीप धालीवाल को अपने बीच बैठाकर उच्च अधिकारियों को बुलाने की मांग की। किसानों ने स्पष्ट किया कि जब तक सिरसा से हरियाणा नहरी विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर आकर बातचीत नहीं करेंगे, तब तक वे धरना समाप्त नहीं करेंगे। कुछ देर बाद नोहर नहरी विभाग के एसी संजीव वर्मा पहुंचे। इस दौरान किसानों ने अधिकारियों का घेराव भी किया। सोहन लाल बोले- विभाग ने किसानों के साथ धोखा किया पूर्व प्रधान सोहन लाल ढील ने आरोप लगाया कि हरियाणा के नहरी विभाग ने किसानों के साथ धोखा किया है। उन्होंने बताया कि किसानों द्वारा पहले निर्माण कार्य रुकवा दिया गया था, इसके बावजूद इसे दोबारा शुरू कर दिया गया है। ढील ने कहा कि जब तक किसानों की मांगें पूरी नहीं होतीं, आंदोलन जारी रहेगा। धरने में प्रधान गुरमैल सिंह जसाना, रामचंद्र न्यौल, महावीर शर्मा, सर्वमित्र, मांगेराम, गोपीराम, मानसिंह और रमेश सहित कई किसान मौजूद रहे। यह विवाद कई देर तक चला। जानें…पूरा विवाद दरअसल, यह नोहर फीडर नहर और हिसार घग्गर ड्रेन की माखोसरानी गांव के पास क्रॉसिंग है। यह ड्रेन बारिश के दिनों में अक्सर ओवरफ्लो रहती है। ऐसे में सिरसा का नहरी विभाग ग्रामीणों की मांग पर ओवरफ्लो का पानी इस नोहर फीडर नहर के जरिए डालने की प्लानिंग कर रहा है। इसका कंट्रक्शन कार्य भी जारी है। इसकी भनक राजस्थान के किसानों को लग गई और यहां आ पहुंचे। राजस्थान के किसान बोले-दूषित पानी पीकर बीमार हो रहे राजस्थान के किसानों का कहना है कि यह नोहर फीडर का पानी हमारे गांव के जलघरों में जाता है। अगर यह बारिश का पानी इस नहर में छोड़ दिया जाएगा तो यह सीधा जलघरों में आएगा। ऐसे में सप्लाई से घर में छोड़ा जाएगा और ये दुषित पानी पीकर सब बीमार हो जाएंगे। इस कारण ये कंट्रक्शन बंद कर पानी का कोई विकल्प तलाश लिया जाएगा। इस नहर में पानी डालने के बजाय घग्गर की चौड़ाई की जाएगाी एसई बोले- हरियाणा ने बिना अनुमति के निर्माण कार्य कराया नोहर नहरी विभाग के एसई संजीव वर्मा ने बताया कि हरियाणा के नहरी विभाग ने उनके विभाग से बिना अनुमति लिए यह निर्माण कार्य कराया है और यह अभी भी जारी है। उन्होंने किसानों की चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि जिस क्षेत्र में 14 वाटर वर्क्स के लिए पेयजल का भंडारण होता है। वहां ओवरफ्लो का पानी पहुंचने से पानी की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। एसई ने कहा कि वे किसानों के साथ हैं और उनकी मांग के अनुसार सिरसा के उच्च अधिकारियों से बातचीत कराने का प्रयास किया जा रहा है।
जयपुर के फिल्ममेकर दीपांकर प्रकाश की फिल्म ने मुंबई इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल (MIFF)-2026 में सिल्वर कॉन्च अवॉर्ड जीतकर राजस्थान का गौरव बढ़ाया है। प्रतिष्ठित फिल्म समारोह में मिली इस उपलब्धि ने प्रदेश की फिल्म प्रतिभा को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाई है। फिल्ममेकर दीपांकर प्रकाश ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का परचम लहराते हुए राजस्थान का नाम रोशन किया है। दीपांकर की ओर से निर्मित इंडो-ईरानी शॉर्ट फिक्शन फिल्म 'अंडर द स्नो' (Under The Snow) को देश के सबसे प्रतिष्ठित फिल्म समारोह MIFF 2026 में 'सिल्वर कॉन्च- बेस्ट इंटरनेशनल शॉर्ट फिक्शन फिल्म' पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान फिल्म के निर्माता दीपांकर प्रकाश ने समापन समारोह में निर्देशक नफीसेह जारे और सह-निर्माता कोट्टुकाथिरा प्रकाश की ओर से प्राप्त किया। यह उपलब्धि न केवल जयपुर, बल्कि पूरे राजस्थान के फिल्म जगत के लिए गर्व का विषय मानी जा रही है। अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में दुनिया के कई देशों की फिल्मों के बीच इस फिल्म का सम्मानित होना भारतीय सिनेमा के लिए भी बड़ी उपलब्धि है। थिएटर से शुरू हुआ सफर, अब अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहचान जयपुर में पले-बढ़े दीपांकर प्रकाश ने अपने करियर की शुरुआत थिएटर से की। रंगमंच पर अभिनय और प्रस्तुति के अनुभव ने उन्हें फिल्म निर्माण की ओर प्रेरित किया। बाद में उन्होंने मुंबई का रुख किया और स्वतंत्र फिल्म निर्माता के रूप में अपनी अलग पहचान बनाई। सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने ऐसी फिल्मों का निर्माण किया, जिनकी कहानियों और प्रस्तुति को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सराहा गया। अब तक दीपांकर तीन फीचर फिल्मों और कई शॉर्ट फिल्मों का निर्माण कर चुके हैं। उनकी फिल्मों का प्रदर्शन देश-विदेश के कई प्रतिष्ठित फिल्म समारोहों में हो चुका है और उन्हें कई सम्मान भी मिल चुके हैं। भारत और ईरान के रचनात्मक सहयोग का उदाहरण बनी फिल्म 'अंडर द स्नो' भारत और ईरान के फिल्मकारों के संयुक्त प्रयास का परिणाम है। यह एक इंडो-ईरानी को-प्रोडक्शन है, जिसने दोनों देशों के रचनात्मक सहयोग को वैश्विक मंच पर नई पहचान दिलाई है। फिल्म अपनी संवेदनशील कहानी, प्रभावशाली सिनेमैटोग्राफी और मानवीय भावनाओं की गहराई के कारण अंतरराष्ट्रीय जूरी को प्रभावित करने में सफल रही। मुंबई इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल का आयोजन राष्ट्रीय फिल्म विकास निगम और भारत सरकार के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय की ओर से किया जाता है। यह देश का सबसे प्रतिष्ठित गैर-फीचर फिल्म महोत्सव माना जाता है, जहां दुनिया भर से चुनी हुई डॉक्यूमेंट्री, शॉर्ट फिक्शन और एनीमेशन फिल्मों का प्रदर्शन होता है। इस मंच पर सम्मान मिलना किसी भी फिल्म निर्माता के लिए बड़ी उपलब्धि माना जाता है।
हरियाणा के महेंद्रगढ़ जिले में अपराध और अवैध हथियारों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत सीआईए नारनौल पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को अवैध हथियार और जिंदा कारतूस के साथ गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में एक युवक हत्या के मामले में लंबे समय से फरार चल रहा था, जिसकी गिरफ्तारी को पुलिस बड़ी सफलता मान रही है। पुलिस के अनुसार सीआईए नारनौल की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए राजस्थान के बहरोड़ थाना सदर क्षेत्र के गांव भिंढोर निवासी सचिन को एक अवैध देशी पिस्टल और दो जिंदा कारतूस के साथ गिरफ्तार किया। पूछताछ और रिकॉर्ड की जांच में सामने आया कि सचिन थाना नांगल चौधरी में दर्ज हत्या के एक मामले में काफी समय से फरार चल रहा था। उसकी गिरफ्तारी से पुलिस को लंबित मामले की जांच में महत्वपूर्ण सफलता मिली है। इसी अभियान के दौरान पुलिस ने अटेली थाना क्षेत्र के गांव गुजरवास निवासी रवि को भी एक अवैध देशी कट्टा और दो जिंदा कारतूस सहित गिरफ्तार किया। दोनों आरोपियों के खिलाफ थाना नांगल चौधरी में शस्त्र अधिनियम के तहत अलग-अलग मामले दर्ज कर लिए गए हैं। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आरोपियों से बरामद हथियारों के संबंध में गहन पूछताछ की जा रही है। यह पता लगाया जा रहा है कि हथियार कहां से लाए गए थे और उनका इस्तेमाल किसी अन्य आपराधिक घटना में तो नहीं हुआ। इसके अलावा दोनों आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है। पुलिस प्रवक्ता के अनुसार जिले में अपराधियों और अवैध हथियार रखने वालों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। पुलिस ने आमजन से भी सहयोग की अपील करते हुए कहा कि यदि किसी व्यक्ति के पास अवैध हथियार होने या किसी भी प्रकार की आपराधिक गतिविधि की जानकारी मिले तो इसकी सूचना तुरंत पुलिस को दें।
हरियाणा और राजस्थान के बीच ऐतिहासिक समझौता, प्यासी मरुधरा को मिलेगी यमुना की धार
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व, सहकारी संघवाद की भावना तथा केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह के सतत मार्गदर्शन और समन्वयकारी प्रयासों से राजस्थान की बहुप्रतीक्षित यमुना जल परियोजना को ऐतिहासिक सफलता मिली।
मंडी-सुंदरनगर फोरलेन पर STF की कार्रवाई:कार से 1.055 किलो चरस बरामद, राजस्थान के चार युवक गिरफ्तार
स्पेशल टास्क फोर्स (STF) कुल्लू की टीम ने मंडी-सुंदरनगर फोरलेन पर तरोट के पास नाकाबंदी के दौरान बड़ी कार्रवाई करते हुए 1.055 किलोग्राम चरस बरामद की है। इस मामले में राजस्थान के चार युवकों को गिरफ्तार किया गया है। जानकारी के अनुसार, STF कुल्लू की टीम नियमित वाहन जांच अभियान चला रही थी। इसी दौरान मंडी की ओर से आ रही एक कार को शक के आधार पर रोका गया। तलाशी लेने पर कार की डिक्की में बिछे मैट के नीचे छिपाकर रखे गए पांच पैकेट मिले, जिनमें कुल 1.055 किलोग्राम चरस पाई गई। पुलिस ने मौके पर ही कार में सवार चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। इनकी पहचान राजस्थान के झुंझुनू जिले के आशीष कुमार, वीरेंद्र कुमार, जैकी और प्रमोद के रूप में हुई है। सभी आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज चारों आरोपियों के खिलाफ धनोटू पुलिस थाना में मादक पदार्थ अधिनियम (NDPS Act) की धारा 20, 25 और 29 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि बरामद चरस कहां से लाई गई थी और इसे किस स्थान तक पहुंचाया जाना था। साथ ही, आरोपियों के संभावित नेटवर्क और अन्य लोगों की संलिप्तता की भी पड़ताल की जा रही है। इस कार्रवाई को STF कुल्लू की टीम के एएसआई भानु प्रताप, आरक्षी शाहिद अली, मोमिन खान और शंकर सिद्धार्थ ने अंजाम दिया। STF कुल्लू के डीएसपी हेमराज ने बताया कि मामले की आगे की जांच धनोटू पुलिस कर रही है और उम्मीद है कि जांच के दौरान इस तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य अहम सुराग भी सामने आ सकते हैं।
यशवीर को रजत, उमा-राहुल-पर्रु को कांस्य; राजस्थान का अच्छा प्रदर्शन
जयपुर | ओडिशा के भुवनेश्वर स्थित कलिंगा स्टेडियम में आयोजित 65वीं नेशनल इंटर स्टेट सीनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप में राजस्थान के खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए एक रजत और तीन कांस्य जीते। पुरुष जैवलिन थ्रो में यशवीर सिंह ने 83.72 मीटर का सर्वश्रेष्ठ थ्रो कर रजत जीता। वहीं महिला जैवलिन में उमा चौधरी ने 53.06 मीटर के प्रयास के साथ कांस्य अपने नाम किया। ट्रैक स्पर्धाओं में राहुल बालोदा ने पुरुष 1500 मीटर दौड़ 3 मिनट 40.07 सेकंड में पूरी कर कांस्य अपने नाम किया। वहीं महिला 3000 मीटर स्टीपलचेज में कुमारी पर्रु ने 10 मिनट 52.28 सेकंड के समय के साथ कांस्य पदक जीता। इसी स्पर्धा में राजस्थान की निकिता चौथे स्थान पर रहीं। राजस्थान एथलेटिक्स संघ के सचिव देवनारायण गुर्जर ने सभी पदक विजेता एथलीटों को बधाई दी।
ANTF टीम ने रविवार को भीनमाल और रानीवाड़ा के बीच कागमाला टोल पर कार्रवाई की है। इस दौरान 25 हजार रुपए के इनामी तस्कर जालमसिंह को गिरफ्तार किया। ANTF ने इनामी आरोपी के पार्टनर तस्कर ने इनामी वांटेड को एमडी सप्लाई करने और पार्टनरशिप की मीटिंग के लिए महाराष्ट्र से राजस्थान बुलाया था। वह प्राइवेट बस से आ रहा था। एएनटीएफ टीम बालोतरा से जालोर तक प्राइवेट बसों पर नजर रखी हुई थी। ऐसे में मल्लिनाथ ट्रेवल्स बस भीनमाल और रानीवाड़ा के बीच कागमाला टोल पर पहुंची। ऐसे में टीम ने कागमाला टोल पर बस को रुकवाकर तलाशी ली। सभी पैसेंजर को चैक किया गया। लेकिन, जालमसिंह नाम कोई व्यक्ति बस में नहीं मिला। कंडेक्टर से लिस्ट लेकर उसे चेक की लेकिन उसमे भी जालमसिंह का नाम नहीं था। टीम को पुख्ता जानकारी थी। ऐसे में टीम ने बस में सवार सभी पैसेंजर की आईडी चैक की। इस दौरान जब जगदीश से आईडी मांगी तो घबराने लगा, बोला मैं महाराष्ट्र से आया हूं। टीम को आईडी दिखाने से मना कर दिया। तब टीम को शक हुआ तो सख्ताई से पूछताछ की। तो जगदीश ही जालमसिंह निकला। उसके बाद टीम ने उसे दबोच लिया। ANTF टीम ने की प्लानिंग एएनटीएफ टीम को सूचना मिलने पर पुणे और वलसाड जाकर उसके बारे में जानकारी जुटाई कई दिनों तक जालमसिंह की तलाश करती, लेकिन सफलता नहीं मिली। टीम वापस राजस्थान आकर जालमसिंह को पकड़ने की प्लानिंग की। 6 माह पहले फरार हुआ था आईजी विकास कुमार ने बताया- एएनटीएफ टीम ने 6 माह पहले जालोर के भीनमाल में अवैध मादक- तस्करी करते हुए एक युवक को पकड़ा था, युवक से जब एएनटीएफ ने पूछताछ की तो उसने बताया- यह एमडी जालमसिंह को देनी थी। वो मुझसे लेने आने वाला था। उससे पहले ही पुलिस ने मुझे पकड़ लिया। दोस्त को पकड़ने जाने की सूचना मिलने पर जालमसिंह वापस गुजरात चला गया। भीनमाल पुलिस थाने में जालमसिंह का नाम दर्ज है। गुजरात, महाराष्ट्र में काटी फरारी आईजी ने बताया- जालमसिंह इतना शातिर था कि मामले की खबर लगते ही राजस्थान आने का रास्ता छोड़ दिया। अपने घर आना-जाना बंद कर दिया। आरोपी को पता था कि पुलिस उसे पकड़ने के लिए हिम्मतनगर भी आएगी। इस दौरान जालमसिंह अपना ठिकाना बदलता रहा। कभी वलसाड़, सूरत, मुंबई, थाणे, पुणे में फरारी काटता रहा। इनाम घोषित होते ही छोड़ा राजस्थान आईजी ने बताया- जालमसिंह जब राजस्थान आया हुआ था तो उसे उसके मिलने वाले से पता चला कि उस पर इनाम घोषित है। ऐसे में वह फरारी काटने के लिए राजस्थान छोड़कर गुजरात, महाराष्ट जा निकला। वहीं अपने परिवार वालों से भी संपर्क तोड़ दिए। 200 रुपए प्रति ग्राम की दर पर बेचते है आईजी ने बताया- आरोपी जालमसिंह को उसका दोस्त अवैध मादक पदार्थ एमडी लाकर देता था। जालमसिंह एमडी और उसके सहायक पाउडर मिलाकर उसकी मात्रा बढ़ा देता। गुजरात में हिम्मत नगर और उसके आस-पास सप्लाई करता। इस तरीके से डबल मुनाफा कमाता। एक तरफ कमीशन तो दूसरी तरफ सहायक पाउडर से कमाई करता। दोस्त से 160 रुपए प्रतिग्राम में खरीद कर और आगे 200 रुपए प्रति ग्राम की दर से बेचता था। पार्टनर के सहारे राजस्थान बुलाया आईजी ने बताया- टीम ने राजस्थान में जालमसिंह के साथ तस्करी करने वाले पार्टनर के रूप में काम कर रहे व्यक्ति से कस्टमर बनकर संपर्क कर बड़ी मात्रा में एमडी खेप खरीदने की बात कही। साथ ही राजस्थान में बड़ी मात्रा में एमडी सप्लाई करना चाहते है। टीम ने जालमसिंह के पार्टनर को पार्टनरशिप देने का लालच दिया। तब तस्कर ने अपने पार्टनर जालमसिंह से बात करने को कहा। कुछ दिनों बाद तस्कर ने टीम को बताया कि जालमसिंह से बात हो गई है। प्राइवेट बस से महाराष्ट्र से रवाना होकर आ जाएगा। टीम ने महाराष्ट्र से आने वाली प्राइवेट बस के बारे में जानकारी ली। खुद नहीं रखता मोबाइल आईजी ने बताया- आरोपी इतना शातिर था कि फरारी काटने के समय मोबाइल का भी उपयोग नहीं करता था। फरारी के दौरान जहां भी वह जाता लोगों को अपने पास मोबाइल नहीं होने का बताकर घरवालों से बात करने के लिए उनका मोबाइल लेता व काम से ही अपने घर बात करता। थापन गांव में खोली होटल, फिर भागा गुजरात आरोपी जालमसिंह ने करीब 3 माह पहले राजस्थान के बाहर फरारी काटी और छुपते-छुपते घरवालों से मिलने अपने गांव आया। अपने भाई को नया धंधा करवाने के लिए अपने गांव के नजदीक थापन, सिवाना गांव में नवदुर्गा नाम से एक होटल खोली और वहां बड़े भाई लालसिंह को बैठाया। भेष बदलकर आता था आरोपी भेष बदलकर होटल पर आता। कुछ समय रुककर होटल के कामकाज देखकर वापस चला जाता। जालमसिंह अपने परिवार वालों से मिलकर घर पर नहीं रुकता था। रुकने के लिए अपने किसी परिचित के यहां चला जाता। राजस्थान में कारोबार फैलाना था आरोपी जालमसिंह इतना शातिर था कि तस्कर पार्टनर की ओर से रखी मीटिंग में आने के लिए हां तो भर दी, लेकिन पकड़ने जाने का डर भी सताता था। प्राइवेट बस का टिकट जगदीश के नाम से करवाता था। राजस्थान में आने का पता नहीं चलता और काम पूरा कर महाराष्ट्र लौट सकें। 16 साल तक चला ईमानदार की राह पर आईजी विकास कुमार ने बताया- जालमसिंह पढ़ा लिखा नहीं था। मजदूरी करने के लिए हिमंत नगर, गुजरात चला गया। वहां पर 16 साल तक बारदाने की मजदूरी का काम ईमानदारी से किया। वहां पर एक व्यक्ति से दोस्ती हुई। दोस्त पैसे कमाने की स्कीम बताई साथ मिलकर अवैध मादक-पदार्थ की तस्करी का धंधा शुरू किया।
मोगा जिले के अंतर्गत आते थाना बधनी कलां के अधीन एक गांव में खेत के विवाद को लेकर हुई फायरिंग में एक युवक की दर्दनाक मौत का मामला सामने आया है। जामुन का पेड़ काटने से रोकने पर शुरू हुआ मामूली विवाद इस कदर बढ़ा कि हमलावरों ने शिकायतकर्ता की ही लाइसेंसी राइफल छीनकर उसके युवा बेटे की जान ले ली। पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए इस मामले के दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस को दी शिकायत में कुन्नर बस्ती (बुट्टर कलां) के निवासी जगरूप सिंह पुत्र दलजीत सिंह ने बताया कि वह और उनके चाचा सतनाम सिंह मिलकर गांव के ही नच्छत्तर सिंह की जमीन ठेके (लीज) पर लेकर खेती करते हैं। उनके पड़ोसी खेत में कुछ लोग धान (जीरी) लगाने के लिए आए हुए थे। इस दौरान वे लोग खेत के पास लगे जामुन के पेड़ को काटने लगे। चाचा से हुई मारपीट की सूचना पर राइफल लेकर पहुंचे जब चाचा सतनाम सिंह ने उन्हें हरे-भरे पेड़ काटने से मना किया, तो आरोपियों ने उनके साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी। सतनाम सिंह ने किसी तरह वहां से भागकर घर आए और पूरी आपबीती जगरूप सिंह को बताई। चाचा के साथ हुई मारपीट की खबर सुनकर जगरूप सिंह अपनी सुरक्षा के लिए अपनी लाइसेंसी 12 बोर की राइफल लेकर तुरंत खेत की ओर भागे। उनके साथ उनका बेटा हरसदीप सिंह भी था। खेत पर पहुंचते ही आरोपियों ने तैश में आकर जगरूप सिंह पर हमला कर दिया और उनके हाथ से उनकी लाइसेंसी राइफल छीन ली। राइफल छीनने के बाद आरोपियों ने जान से मारने की नीयत से सीधे जगरूप सिंह के बेटे हरसदीप सिंह पर फायर झोंक दिया। गोली सीधे हरसदीप के पेट में जा लगी, जिससे वह खून से लथपथ होकर वहीं गिर गया। अस्पताल में तोड़ा दम; राजस्थान के दो आरोपी गिरफ्तार गंभीर रूप से घायल हरसदीप सिंह को परिजन और ग्रामीण तुरंत इलाज के लिए मोगा के मेडिसिटी अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन घाव गहरा होने के कारण उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। बेटे की मौत के बाद परिवार में कोहराम मचा हुआ है। थाना बधनी कलां के एएसआई (ASI) गुरचरण सिंह ने बताया कि वारदात को अंजाम देकर भाग रहे दो आरोपियों को पुलिस ने धर दबोचा है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान जोरा सिंह पुत्र सतनाम सिंह, दारा सिंह पुत्र सतनाम सिंह (दोनों निवासी: 11-ए, जिला गंगानगर, राजस्थान) के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की हत्या सहित विभिन्न धाराओं और आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस मामले की अगली कड़ियों को जोड़ने और हथियार बरामदगी के लिए आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी हुई है।
पलवल जिले में एंटी नारकोटिक्स सेल ने कार्रवाई करते हुए 2 अंतरराज्यीय नशा तस्करों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से एक केंटर में छिपाकर लाया गया 201.75 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ है, जिसकी कीमत लगभग 60 लाख रुपए आंकी गई है। तस्कर यह गांजा ओडिशा से लेकर आ रहे थे। पुलिस को मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर नेशनल हाईवे पर होडल के पास नाकाबंदी की गई थी। इसी दौरान गांजे से भरा केंटर पकड़ा गया। तस्करों ने गांजे को कांच की बोतलों के नीचे छिपा रखा था। इस संबंध में होडल थाना पुलिस में मामला दर्ज कर लिया गया है। एंटी नारकोटिक्स सेल के प्रभारी विश्व गौरव ने एक प्रेस वार्ता में बताया कि रात के समय सेल की टीम पीएसआई आलोक कुमार के नेतृत्व में हसनपुर चौक, होडल में गश्त कर रही थी। तभी उन्हें गुप्त सूचना मिली कि अलवर (राजस्थान) निवासी पवन नावरिया और लियाकत एक टाटा केंटर में भारी मात्रा में गांजा छिपाकर ओडिशा से ला रहे हैं। गांजे से भरे 18 कट्टे केंटर में छिपा रखे थे सूचना में बताया गया था कि यह गाड़ी मथुरा के रास्ते होडल और मेवात होते हुए अलवर की तरफ जाएगी। इंस्पेक्टर विश्व गौरव ने तुरंत कार्रवाई करते हुए नेशनल हाईवे-19 पर कोसी की तरफ से आने वाले वाहनों की जांच शुरू कर दी। कुछ देर बाद कोसीकलां (यूपी) की तरफ से वह केंटर आता दिखाई दिया। पुलिस टीम ने सरकारी वाहनों की मदद से केंटर को सड़क किनारे घेर लिया। चालक सीट और उसके बगल में बैठे दोनों युवकों को हिरासत में ले लिया गया। पूछताछ में आरोपियों ने अपनी पहचान अलवर (राजस्थान) निवासी पवन कुमार और लियाकत के रूप में बताई। केंटर की तलाशी लेने पर उसके भीतर छिपाकर रखे गए कुल 18 प्लास्टिक के बड़े कट्टे बरामद हुए। इलेक्ट्रॉनिक कांटे से वजन करने पर इन कट्टों में कुल 201.75 किलोग्राम गांजा भरा हुआ पाया गया। आरोपी बिना किसी वैध परमिट या लाइसेंस के इतनी बड़ी खेप की तस्करी कर रहे थे। कोर्ट में पेश करके 7 दिनों का रिमांड लिया एंटी नारकोटिक्स सेल प्रभारी विश्व गौरव ने बताया कि पुलिस टीम ने बरामद गांजे की खेप, केंटर गाड़ी और उसमें लोड कांच की शिशियों को सबूत के तौर पर कब्जे में लेकर होडल थाने में आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धाराओं के तहत केस दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। ड्रग रैकेट की जड़ों को उखाड़ने, नेटवर्क के मास्टर माइंड्स तक पहुंचने और गहन पूछताछ के लिए आरोपियों को अदालत में पेश कर 7 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। एसपी नीतीश अग्रवाल कहा कि जिले में नशा तस्करी के खिलाफ जिला पुलिस की जीरो टॉलरेंस नीति है। नशा तस्करी करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
औरैया में काम की तलाश में राजस्थान जा रहे एक युवक की सड़क हादसे में मौत हो गई। शनिवार देर रात करीब 11 बजे खानपुर चौराहे पर वाहन का इंतजार करते समय एक अज्ञात वाहन ने उसे टक्कर मार दी। गंभीर रूप से घायल युवक को जिला संयुक्त चिकित्सालय औरैया ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक की पहचान पुरवा गोविंद, हरचंदपुर निवासी बहादुर (20) पुत्र रामचंद्र के रूप में हुई है। परिजनों ने बताया कि बहादुर अपने भाई के पास राजस्थान काम की तलाश में जाने के लिए निकला था। मृतक युवक खानपुर चौराहे पर किसी वाहन का इंतजार कर रहा था, तभी तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने उसे अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर मारने के बाद चालक मौके से फरार हो गया। स्थानीय लोगों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और युवक की शिनाख्त कर उसके परिजनों को सूचना दी। रविवार सुबह करीब आठ बजे परिजन कोतवाली पहुंचे। पुलिस ने आवश्यक कार्रवाई पूरी कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बहादुर अपने तीन भाइयों और तीन बहनों में दूसरे नंबर का था। उसके पिता रामचंद्र खेती-बाड़ी करते हैं। बहादुर परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करने के उद्देश्य से रोजगार की तलाश में घर से निकला था। पुलिस अज्ञात वाहन की पहचान करने और चालक का पता लगाने के लिए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है।
मॉडलिंग की दुनिया में केवल खूबसूरती ही नहीं, बल्कि कैमरे के सामने खुद को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करना भी एक कला है। चेहरे के भाव, आंखों की अभिव्यक्ति, बॉडी लैंग्वेज, सही एंगल, आकर्षक पोज और कैमरे से जुड़ाव ही किसी मॉडल को फोटोजेनिक बनाता है। इसी कला की परख के लिए मिस राजस्थान 2026 के अंतर्गत मिस फोटोजेनिक राउंड का आयोजन सीकर रोड स्थित आर. चंद्रा पैलेस में किया गया, जहां टॉप फाइनलिस्ट ने अपने स्टाइल, आत्मविश्वास और कैमरा प्रेजेंस से सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा। फ्यूजन ग्रुप और रूवी डिजिटल के सहयोग से आयोजित इस विशेष फोटोशूट में प्रतिभागियों ने कैमरे के सामने प्रोफेशनल मॉडल्स की तरह अलग-अलग पोज दिए। किसी ने स्माइल के जरिए अपनी सहजता दिखाई, तो किसी ने आंखों के एक्सप्रेशन और कॉन्फिडेंस से तस्वीरों में अलग पहचान बनाई। फोटोशूट के दौरान प्रतिभागियों को यह भी सिखाया गया कि कैमरे के सामने कैसे खड़ा होना है, चेहरे के भाव किस तरह बदलने हैं, हाथों और शरीर की मुद्रा कैसे रखनी है और किस तरह हर क्लिक में अपनी पर्सनैलिटी को उभारना है। फोटोजनिक सेशन की तस्वीरें देखिए… प्रसिद्ध फैशन फोटोग्राफर वासु जैन ने प्रतिभागियों का फोटोशूट किया। उन्होंने अलग-अलग लाइटिंग, कैमरा एंगल और फ्रेमिंग के जरिए प्रत्येक प्रतिभागी की सबसे बेहतरीन तस्वीरें कैद कीं। उन्होंने प्रतिभागियों को बताया कि एक सफल मॉडल के लिए कैमरे से जुड़ाव, नेचुरल एक्सप्रेशन और हर फ्रेम में आत्मविश्वास बनाए रखना सबसे महत्वपूर्ण होता है। सही एंगल, चेहरे का प्रोफाइल और आंखों का संपर्क ही एक सामान्य तस्वीर को शानदार फैशन पोर्ट्रेट में बदल देता है। फोटोशूट को और आकर्षक बनाने के लिए मैजेस्टिक मेकओवर्स की मेकअप एक्सपर्ट मधु यादव ने सभी प्रतिभागियों को स्टाइलिश कॉकटेल लुक दिया। मेकअप, हेयर स्टाइल और आउटफिट्स के संयोजन ने फोटोशूट को पूरी तरह फैशन मैगजीन जैसा प्रोफेशनल लुक प्रदान किया। आयोजक योगेश मिश्रा और निमिषा मिश्रा ने बताया कि मिस फोटोजेनिक राउंड केवल सुंदर तस्वीरें लेने तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य यह जानना होता है कि कोई प्रतिभागी कैमरे के सामने कितनी सहज है, उसका आत्मविश्वास कितना मजबूत है, वह अपने एक्सप्रेशन और बॉडी लैंग्वेज के जरिए अपनी पर्सनैलिटी को कितनी प्रभावी ढंग से प्रस्तुत कर सकती है। यही गुण आगे चलकर फैशन, विज्ञापन और मनोरंजन जगत में सफलता की पहचान बनते हैं। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मुकेश सैनी ने प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि मॉडलिंग केवल रैंप वॉक तक सीमित नहीं है, बल्कि कैमरे के सामने हर तस्वीर में अपनी अलग पहचान बनाना भी उतना ही जरूरी है। इसी अवसर पर मिस राजस्थान 2026 के फिनाले वीक की भी आधिकारिक घोषणा की गई। आयोजकों के अनुसार 28 जून से 2 जुलाई तक होटल हैवा हेवन रिजॉर्ट और 2 जुलाई से 4 जुलाई तक होटल पार्क ओशन में प्रतिभागियों के लिए ग्रूमिंग, पर्सनैलिटी डेवलपमेंट, फिटनेस, रैंप वॉक, कैमरा फेसिंग, फैशन स्टाइलिंग और विभिन्न प्री-फिनाले गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा। इन सत्रों में विशेषज्ञ प्रतिभागियों को ग्रैंड फिनाले के लिए तैयार करेंगे।
झालावाड़ के राजकीय विधि कॉलेज में शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए विधि प्रथम वर्ष (एलएल.बी.) में प्रवेश प्रक्रिया सोमवार से शुरू हो जाएगी। यह प्रक्रिया बार काउंसिल ऑफ इंडिया, नई दिल्ली के निर्देशों के अनुपालन में की जा रही है। कॉलेज की प्रवेश प्रभारी सहायक आचार्य डॉ. ममता चावला ने बताया कि प्रथम वर्ष की 60 सीटों पर प्रवेश के लिए ऑफलाइन आवेदन प्रक्रिया 29 जून से 8 जुलाई तक संचालित की जाएगी। इच्छुक अभ्यर्थी निर्धारित आवेदन पत्र को आवश्यक दस्तावेजों सहित 8 जुलाई तक प्रतिदिन सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे के बीच कॉलेज कार्यालय में जमा कर सकते हैं। प्रवेश से संबंधित दिशा-निर्देश और अन्य आवश्यक जानकारी कॉलेज के नोटिस बोर्ड पर उपलब्ध करा दी गई है। अभ्यर्थी सामान्य प्रवेश आवेदन पत्र https://dceapp.rajasthan.gov.in से डाउनलोड कर सकते हैं। कॉलेज प्रशासन ने पात्र एवं इच्छुक छात्रों से निर्धारित समयावधि में आवेदन करने का आग्रह किया है।
भिवानी के एक गांव में रह रही राजस्थान की महिला संदिग्ध हालात में लापता हो गई। जिसकी शिकायत पुलिस को दी गई है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर केस दर्ज करके जांच शुरू कर दी। महिला अपने पति के साथ राजस्थान से यहां भिवानी के एक गांव में आकर रह रही थी। राजस्थान के एक गांव निवासी व्यक्ति ने भिवानी जिले के बहल थाना में शिकायत दी। शिकायत में बताया कि वह भिवानी जिले के एक गांव में काम करता है। इसलिए वह परिवार के साथ यहां पर गांव में ही रहता है। उसकी पत्नी की उम्र करीब 31 वर्ष है। जो बिना बताए घर से चली गई। जिसके बाद अपने स्तर पर पता करने का प्रयास किया, लेकिन कहीं पर कोई सुराग नहीं लगा। इसके बाद मामले की शिकायत पुलिस को दे दी। पुलिस को दी शिकायत में उसने पड़ोस के गांव के ही एक व्यक्ति पर शक जताया। आरोपों में कहा कि उसकी पत्नी पड़ोसी गांव के एक व्यक्ति के साथ चली गई है। इधर, मामले की शिकायत पुलिस को देकर तलाश करने की गुहार लगाई। वहीं पुलिस ने केस दर्ज करके जांच शुरू कर दी। वहीं महिला की तलाश भी की जा रही है।
जयपुर के वाटिका इलाके से गिरफ्तार हुई 36 वर्षीय बबीता धाकड़ उर्फ खदीजा को लेकर बेहद चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। बबीता कोई साधारण संदिग्ध नहीं। वह अंतरराष्ट्रीय मास्टरमाइंड आतंकियों के सीधे संपर्क में थी। उसके जब्त मोबाइल से मिले सुरागों ने राजस्थान एटीएस (ATS) और राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) के भी होश उड़ा दिए हैं। कंधार विमान अपहरण कांड (IC-814) की साजिश रचने वाला यूसुफ अजहर उर्फ उस्ताद गौरी और साल 2016 में जम्मू-कश्मीर के नागरोटा में सेना के कैंप पर हमला करने का मास्टरमाइंड कारी जरार, दोनों सीधे बबीता से चैटिंग करते थे। राजस्थान में यह पहली बार है जब किसी पाकिस्तानी आतंकी संगठन ने किसी महिला को जाल में फंसाकर 'लेडी स्लीपर सेल' तैयार करने की खतरनाक साजिश रची थी। इसके लिए बाकायदा ट्रेनिंग भी दी जा रही थी। संडे बिग स्टोरी में पढ़िए आतंकी संगठनों के क्या मंसूबे थे और बबीता से पूछताछ में कौन से बड़े खुलासे हुए... 'दुनिया धोखेबाज' नाम से फेसबुक आईडी, 370 फ्रेंड्स में अधिकतर पाकिस्तानीबबीता के घर से जब्त मोबाइल में दो सिम मिली हैं। वह फेसबुक पर duniya dhokhebaaz (दुनिया धोखेबाज) नाम से अकाउंट चला रही थी। गिरफ्तारी से पहले उसने काफी डेटा डिलीट कर दिया था, लेकिन शुरुआती जांच में जो मिला वह डराने वाला है। कुल 370 लोगों की फ्रेंड लिस्ट में से ज्यादातर अकाउंट्स पाकिस्तान और विदेशों से ऑपरेट हो रहे हैं। इनमें से 3 अकाउंट्स की पहचान सीधे तौर पर प्रतिबंधित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के सक्रिय आतंकियों के रूप में हुई है। राजस्थान एटीएस ने बबीता के संपर्क में आए करीब 100 संदिग्धों का रिकॉर्ड निकालकर उसे NIA के डेटा से मैच कराना शुरू कर दिया है। अबतक 3 अकाउंट ऐसे मिले हैं, जो जैश-ए-मोहम्मद संगठन से जुड़े आतंकी हैं। ये देश में कई आतंकी गतिविधियों को अंजाम दे चुके हैं। अब सिलसिलेवार पढ़ते हैं कौन हैं वो आतंकी.... 1. कारी जरार : सेना के कैंप पर हमले का मास्टरमाइंड कारी जरार का नाम नवंबर 2016 के नागरोटा (जम्मू) सेना शिविर पर हुए आतंकी हमले की साजिश रचने के मास्टरमाइंड के तौर पर सामने आया था। 29 नवंबर 2016 को 166 आर्टिलरी यूनिट, नागरोटा, जम्मू में तीन आतंकवादी सेना की वर्दी पहनकर शिविर में घुसे और फायरिंग शुरू कर दी थी। इस दौरान 7 जवान शहीद हो गए थे। सुरक्षा बलों की जवाबी कार्रवाई में तीनों हमलावरों को मार गिराया गया था। ये आतंकी जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े थे। इन्हें हथियार सप्लाई करने से लेकर भारत भेजने का काम कारी जरार ने किया था। कारी कथित तौर पर जैश-ए-मोहम्मद का सीनियर कमांडर है, जो भोले-भाले लोगों को अपनी बातों में फंसा कर आतंकी बनाने में माहिर है। सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, वह पाकिस्तान से आतंकियों की घुसपैठ, प्रशिक्षण और हमलों की योजना बनाने में शामिल रहा है। राजस्थान ATS ने बताया कि बबीता इसी आतंकी कारी जरार के संपर्क में थी। कारी जरार ही उसे ट्रेनिंग दे रहा था। बबीता के मोबाइल की कॉन्टैक्ट लिस्ट में कुछ नंबर मिले हैं। विश्वसनीय सूत्रों ने बताया कि जैश का कमांडर कारी जरार भी इनमें से एक नंबर का इस्तेमाल करता है। उन नंबरों की NIA के जरिए जांच कराई जा रही है। 2. यूसुफ अजहर उर्फ उस्ताद गौरी : कंधार विमान हाईजैक का मास्टरमाइंड यूसुफ अजहर उर्फ उस्ताद गौरी का नाम भारत के सबसे चर्चित इंडियन एयरलाइंस की फ्लाइट IC-814 अपहरण कांड (कंधार विमान अपहरण कांड) में सामने आया था। भारतीय जांच एजेंसियों के अनुसार वह प्रतिबंधित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के संस्थापक मौलाना मसूद अजहर का रिश्तेदार (साला) है। 24 दिसंबर 1999 को इंडियन एयरलाइंस की फ्लाइट IC-814 नेपाल के काठमांडू से दिल्ली आ रही थी। उड़ान के दौरान 5 हथियारबंद आतंकवादियों ने विमान का अपहरण कर लिया था। विमान को अफगानिस्तान के कंधार ले जाया गया। करीब सात दिनों तक 176 यात्रियों और चालक दल को बंधक बनाकर रखा गया था। यात्रियों को छुड़ाने के बदले भारत सरकार को तीन आतंकियों मौलाना मसूद अजहर, अहमद उमर सईद शेख और मुश्ताक अहमद जरगर को रिहा करना पड़ा था। भारतीय जांच एजेंसियों के अनुसार, यूसुफ अजहर उर्फ उस्ताद गौरी IC-814 अपहरण साजिश में शामिल आरोपियों में से एक है। लंबे समय से वांछित है। बबीता ने मोबाइल की कॉन्टैक्ट लिस्ट में आतंकी का नाम ऊर्दू में ओसामा गोरी के नाम से सेव करके रखा था। राजस्थान ATS की मानें तो उनकी पड़ताल में यह नंबर कंधार विमान हाईजैक का मास्टरमाइंड यूसुफ अजहर इस्तेमाल करता था। 3. अबू उबैदाह : जैश का कमांडर, जिससे शादी करना चाहती थी बबीता अबू उबैदाह जैश-ए-मोहम्मद का कमांडर व प्रवक्ता बताया जा रहा है। राजस्थान एटीएस को पूछताछ में बबीता ने बताया कि वह सोशल मीडिया के जरिए ही अबू उबैदाह के कॉन्टैक्ट में आई थी। उसी के कहने पर उसने इस्लाम धर्म अपनाया था। उससे वह शादी करना चाहती थी। इसके लिए पाकिस्तान तक जाने को तैयार थी। हालांकि सुरक्षा एजेंसियों के रिकॉर्ड में अबू उबैदाह का नाम भारत में किसी आतंकी हमले या साजिश में अब तक सामने नहीं आया है। उसे राजस्थान में लेडी स्लीपर सेल एक्टिवेट करने का मास्टरमाइंड बताया जा रहा है। एटीएस एसपी मनीष त्रिपाठी ने बताया कि जांच में यह बात सामने आई है कि बबीता 2 साल से पाक आतंकियों से बात कर रही थी। उसके फेसबुक पेज की जांच में ही ये चौंकाने वाले नाम सामने आए हैं। इनमें कारी जरार और यूसुफ अजहर प्रमुख नाम हैं। इनकी जांच हमारी साइबर टीम से भी कराई जा रही है। अन्य 100 से ज्यादा प्रोफाइलों पर भी काम किया जा रहा है। राजस्थान में लेडी स्लीपर सेल बनाना था टारगेट अब तक की जांच में सबसे चौंकाने वाली बात ये सामने आई है कि पाकिस्तान से संचालित जैश-ए-मोहम्मद लेडी स्लीपर सेल तैयार करने में जुटा था। उसका सबसे पहला जरिया जयपुर की बबीता धाकड़ बनी। ब्रेनवॉश के लिए आतंकी संगठन जैश अपने सबसे ट्रेंड कमांडरों की मदद ले रहा है। इसमें कई महिला कमांडरों को भी लगाया गया है। ये कमांडर कमजोर और परेशान महिलाओं को टारगेट करते हैं। फिर उनका ब्रेनवॉश कर संगठन में जोड़ते हैं। बबीता उनमें से एक है। आशंका है कि बबीता का इस्तेमाल भविष्य में किसी बड़े हमले में किया जा सकता था। एटीएस भी मान रही है कि राजस्थान का यह पहला मामला है, जब किसी हिंदू महिला को ऑनलाइन कलमा पढ़ाकर मुस्लिम बनाया गया और उसे स्लीपर सेल के लिए तैयार किया हो। क्या बबीता के साथ कई और महिलाएं भी टारगेट पर थी? इस सवाल के जवाब में एटीएस के एसपी मनीष त्रिपाठी ने बताया कि मामला इतना संवेदनशील है कि हमने तत्काल बबीता का मोबाइल एफएसएल के पास भेज दिया था। हमें जानकारी है कि मोबाइल का अधिकांश डेटा डिलीट किया हुआ है। एफएसएल अगर डिलीट डेटा रिकवर करने में सफल होती है तो हमें उम्मीद है कि देश में बबीता जैसी कई और स्लीपर सेल तक हम पहुंच सकेंगे। मोबाइल से और क्या-क्या राज पता चले? बबीता के फेसबुक मैसेंजर का डेटा रिकवर करने के बाद राजस्थान ATS ने तत्काल एनआईए की मदद ली। जांच में सामने आया कि फेसबुक मैसेंजर में बबीता तीन से चैट करती थी। इसमें एक उजमा जान (uzma jaan) नाम का अकाउंट था, एक कुरान लेट (kuran let) और तीसरा अबू सुलेमान (abu suleman) पाया गया है। बबीता मोबाइल में दो वॉट्सएप चला रही थी। एक बिजनेस वॉट्सएप भी चला रही थी। बिजनेस वॉट्सएप में चार पाकिस्तानी नंबरों के मिस कॉल मिले थे। एक नंबर शाहीन अफरीदी के नाम से सेव था। एक नंबर अफगानिस्तान से ऑपरेट हो रहा था, जो हंटर 313 (hunter 313) के नाम से सेव था। इन नंबरों पर hi-hello जैसी सामान्य चैटिंग के साथ-साथ कई देश विरोधी वीडियो के आदान-प्रदान की पुष्टि हुई है। 2018 में तलाक के बाद पिता के घर रह रही थी बबीता धाकड़ जयपुर के बालाजी विहार, वाटिका जयपुर में अपने पिता और भाई के साथ रह रही थी। बबीता की शादी हिंडौनसिटी (करौली) में हुई थी। पति से अनबन के चलते तलाक का केस चल रहा है। वर्ष 2018 से गंगापुरसिटी की एसीजेएम कोर्ट में भरण-पोषण (मेंटेनेंस) तथा जेएम प्रथम न्यायालय में धारा 498-ए के तहत दहेज प्रताड़ना का मामला विचाराधीन है। परिवार मूल रूप से करौली जिले की नादौती तहसील के बामोरी गांव का रहने वाला है। 19 जून को बबीता को उसके घर से गिरफ्तार किया गया था। 20 जून को कोर्ट में पेश कर 7 दिन के रिमांड पर लिया गया था। 27 जून को रिमांड खत्म होने पर फिर से कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट ने बबीता धाकड़ को ज्यूडिशियल कस्टडी में रखने के आदेश दिए हैं। ------ ये खबरें भी पढ़िए… 1- जयपुर से जैश-ए-मोहम्मद की महिला आतंकी गिरफ्तार, स्लीपर सेल के तौर पर एक्टिव थी जयपुर में आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद की स्लीपर सेल महिला को राजस्थान एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड (एटीएस) ने पकड़ा है। उसे जयपुर में वाटिका क्षेत्र से हिरासत में लिया गया। पढ़ें पूरी खबर... 2- महिला आतंकी के पिता बोले-ऐसी बेटी की जरूरत नहीं, बबीता इंटरनेट पर आत्मघाती हमले की जानकारी करती थी सर्च जयपुर से गिरफ्तार जैश-ए-मोहम्मद की कथित महिला स्लीपर सेल बबीता धाकड़ उर्फ खदीजा के पिता बोले- ऐसी बेटी को नरक में भी जगह नहीं मिले। मेरे लिए देश पहले है। मुझे अंदाजा भी नहीं था कि मेरी बेटी देश विरोधी गतिविधि से जुड़ी हो सकती है। ऐसा करने वाली बेटी की मुझे जरूरत नहीं है। पढ़ें पूरी खबर...
देश के 6 राज्यों उत्तर प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा और दिल्ली के कई इलाकों में प्री-मानसून बारिश जारी है। हालांकि सात राज्यों में तेज गर्मी हो रही है। उत्तर प्रदेश, राजस्थान और हरियाणा में पारा 43C से ज्यादा दर्ज किया गया। मध्य प्रदेश में आंधी और बारिश के बीच शनिवार को बिजली गिरने से 4 लोगों की मौत हो गई, जबकि 7 लोग झुलस गए। शिवपुरी में तेज हवा से कई जगह पेड़ और बिजली के खंभे उखड़ गए। एक ढाबा और मकान ढह गया। कार, बाइक और पेट्रोल पंप को नुकसान पहुंचा। रतलाम में बारिश से सड़कें और अंडरब्रिज जलमग्न हो गए। उत्तर प्रदेश के हमीरपुर में भी बिजली गिरने से एक किसान की मौत हो गई। राजस्थान के 16 जिलों में बारिश हुई। बिहार के बेगूसराय, बांका समेत 6 जिलों में तेज बारिश हो रही है। मुजफ्फरपुर में 1 घंटे की बारिश से कई जगह पानी जमा हो गया है। मानसून ने देश के 22 राज्यों को कवर कर लिया है। 5 जुलाई तक बाकी राज्यों को कवर कर सकता है। यूपी में मानसून 9 दिन लेट है। यह आमतौर पर 20 जून तक आ जाता है लेकिन इस बार 16 दिनों से बिहार बॉर्डर पर रुका हुआ है। यह आज बिहार बॉर्डर से प्रदेश में एंट्री कर सकता है। पहले मैप में देखिए, कहां तक पहुंचा मानसून… देशभर से बारिश की 3 तस्वीरें… 7 राज्यों में गर्मी का असर, पारा 40C पार मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा, दिल्ली, बिहार और गुजरात के कई शहरों में बुधवार को पारा 40C से ज्यादा रहा। देश में सबसे ज्यादा पारा राजस्थान के फलोदी में 43.8C दर्ज किया गया। वहीं यूपी के आगरा और प्रयागराज में 43.2C, हरियाणा के भिवानी में 43C, एमपी के उमरिया में 42C, दिल्ली में 41.9C और गुजरात के राजकोट में 40.9C रहा। यूपी के अलीगढ़ में गर्मी की वजह से 8वीं तक के स्कूलों की टाइमिंग बदल दी गई। अगले 2 दिन के मौसम का हाल 29 जून: 30 जून:
फरीदाबाद के सेक्टर-8 थाने के मालखाने से 32 लाइसेंसी हथियार चोरी होने के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। जांच में सामने आया कि ITI अप्रेंटिस मोनू ने करीब 7 महीने तक एक-एक कर हथियार चुराए। वह चोरी के हथियार अपने मामा के बेटे विपिन के पास राजस्थान के तिजारा भेजता था, जहां से उन्हें नोएडा, हरियाणा के नूंह, पलवल, रेवाड़ी, भिवाड़ी और फरीदाबाद समेत कई इलाकों में बेच दिया गया। पुलिस इस मामले में मुख्य आरोपी मोनू समेत 20 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। दावा है कि चोरी हुए सभी 32 लाइसेंसी हथियार बरामद कर लिए गए हैं। जांच में सामने आया कि मुख्य आरोपी मोनू फरीदाबाद के करनेरा गांव का रहने वाला है। वह कंप्यूटर डिप्लोमा का छात्र था और साल 2025 में पुलिस विभाग में ITI अप्रेंटिस के तौर पर सेक्टर-8 थाने में कंप्यूटर ऑपरेटर तैनात हुआ था। थाने के CCTV फुटेज की जांच में पता चला कि हथियारों की चोरी अक्टूबर 2025 से शुरू हुई थी। अब जानिए हथियार चोरी का मामला सामने कैसे आया… 9 मई को चोरी का खुलासा हुआपुलिस के अनुसार 9 मई को सेक्टर-8 थाना प्रभारी राजबीर ने मालखाने का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान 13 हथियार गायब मिले। सूचना सीनियर अधिकारियों तक पहुंची तो जांच कराई गई। जांच में पता चला कि 13 नहीं, बल्कि कुल 32 लाइसेंसी हथियार मालखाने से गायब हैं। 8 धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरूजांच में यह भी सामने आया कि चोरी हुए हथियारों में कई विदेशी पिस्टल शामिल थीं, जिनकी कीमत करीब 12 लाख रुपए तक है। इसके बाद पुलिस ने आठ धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। CCTV फुटेज खंगालने पर पता चला कि अक्टूबर 2025 से अप्रैल 2026 के बीच चोरी की पूरी वारदात ITI अप्रेंटिस मोनू ने अंजाम दी थी। पुलिस ने 9 मई को ही उसे गिरफ्तार कर पूछताछ शुरू कर दी। राजस्थान पहुंचाए गए हथियार पूछताछ में खुलासा हुआ कि मोनू चोरी किए गए हथियार अपने मामा के बेटे विपिन के पास राजस्थान के तिजारा भेजता था। वहां से विपिन ने हथियार तिजारा निवासी संजय और भिवाड़ी निवासी प्रदीप तक पहुंचाए। पुलिस के मुताबिक संजय के पास 26 और प्रदीप के पास 16 हथियार पहुंचे थे। नोएडा में भी सप्लाई हुए हथियार पुलिस जांच के अनुसार राजस्थान से इन हथियारों की सप्लाई नोएडा, फरीदाबाद, नूंह, पलवल, रेवाड़ी, भिवाड़ी और अन्य इलाकों में की गई। हालांकि इन्हें कितनी कीमत में बेचा गया, इसका खुलासा पुलिस ने नहीं किया है। मालखाना इंचार्ज सस्पेंड, विभागीय जांच जारी पुलिस प्रवक्ता यशपाल ने बताया कि मामले में लापरवाही सामने आने पर मालखाना इंचार्ज ESI बिजेंद्र सिंह को पहले ही सस्पेंड किया जा चुका है। विभागीय जांच जारी है और जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल सभी आरोपी न्यायिक हिरासत में हैं।
तकनीक, स्टार्टअप और डिजिटल क्षेत्र में काम कर रहे लोगों को एक मंच पर लाने के लिए शनिवार को राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर (आरआईसी) में डिजिमोहे फ्यूचर इम्पैक्ट टेक अवॉर्ड्स-2026 का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में प्रदेशभर के स्टार्टअप संस्थापक, उद्योगपति, शिक्षाविद, आईटी विशेषज्ञ, डिजिटल क्रिएटर्स और युवा उद्यमियों ने भाग लिया।समारोह में तकनीक, शिक्षा, उद्यमिता, नवाचार और डिजिटल क्रिएशन के क्षेत्र में बेहतर काम करने वाली 20 से अधिक प्रतिभाओं और संस्थानों को सम्मानित किया गया। इस दौरान वक्ताओं ने डिजिटल इंडिया के साथ डिजिटल राजस्थान बनाने का संकल्प लेते हुए प्रदेश को देश के अग्रणी टेक्नोलॉजी और इनोवेशन हब के रूप में विकसित करने पर जोर दिया। आईटी विस्तार से बदलेगा प्रदेश का भविष्यकार्यक्रम का शुभारंभ सांसद मंजू शर्मा और वित्त आयोग के अध्यक्ष डॉ. अरुण चतुर्वेदी ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। कार्यक्रम संयोजक पंकज गुप्ता ने कहा कि तकनीक आधारित नवाचार और स्टार्टअप संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए उद्योग, शिक्षण संस्थानों और युवाओं के बीच मजबूत साझेदारी जरूरी है। सह-संयोजक मानव जैन ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के सहयोग से राजस्थान में आईटी और डिजिटल अर्थव्यवस्था का भविष्य उज्ज्वल है। पैनल चर्चा में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन, साइबर सुरक्षा, स्किल डेवलपमेंट, रोजगार, स्टार्टअप फंडिंग, ऑटोमेशन और टियर-2 शहरों में उद्यमिता की संभावनाओं पर चर्चा हुई। वक्ताओं ने कहा कि तकनीकी दक्षता आने वाले समय में रोजगार और आर्थिक विकास की सबसे बड़ी ताकत बनेगी।शिक्षा, उद्योग और स्टार्टअप के समन्वय पर जोरकार्यक्रम में डॉ. ऋतु बनावत, ऋषि बंसल, सुरेश सैनी, सुभाष गोयल, अरुण अग्रवाल, जगदीश सोमानी, परेश गुप्ता, सुरेश अग्रवाल, इंजी. अनुराग अग्रवाल (अरुण आर्या), भवानी सिंह राजावत, शिल्पी आर. पुरोहित, मनीष मित्तल, डॉ. मनोज गुप्ता (प्रो प्रेसिडेंट), डॉ. श्रद्धा आर्या, सोनिया माहेश्वरी, उमाशंकर अरोड़ा, मनीष गुप्ता, गौरव खेतरपाल और सेलिब्रिटी एंकर अंकित खंडेलवाल मौजूद रहे। वहीं आर्या ग्रुप ऑफ कॉलेजेस, विवेकानंद ग्लोबल यूनिवर्सिटी (वीजीयू), पूर्णिमा यूनिवर्सिटी, वेबक्यूब सहित कई तकनीकी कंपनियों और शैक्षणिक संस्थानों ने भागीदारी की। वक्ताओं ने कहा कि शिक्षा, उद्योग और स्टार्टअप इकोसिस्टम के बेहतर समन्वय से राजस्थान तकनीकी नवाचार, निवेश और रोजगार के क्षेत्र में नई पहचान बना सकता है।
श्रीगंगानगर में पाकिस्तान से ड्रोन से जरिए आई हेरोइन के मामले में तस्कर ने चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। ड्रग ले जाने वाला तस्कर पाकिस्तानी हैंडलर के संपर्क में था। तस्कर के फोन में पाकिस्तान ड्रग हैंडलर के साथ की गई चैट भी मिली है। ये तस्कर अपने जीजा से पाकिस्तान से आई ड्रोन उठवाता था और खुद उसे सप्लाई करने का काम करता था। मामले में पुलिस ने 2 तस्करों और एक तस्कर की पत्नी को गिरफ्तार किया है। वहीं 9 किलो 908 ग्राम हेरोइन पुलिस ने जब्त की है। जिसकी बाजार में कीमत 50 करोड़ रुपए है। देर रात हुई कार्रवाई में आरोपियों ने नाकाबंदी से भागने की कोशिश की थी। इसमें एक पुलिसकर्मी की कार डैमेज हुई और कॉन्स्टेबल के सिर में चोट आई है। एसपी हरीशंकर ने बताया- पंजाब ड्रग्स ले जाने के मामले में धर्मेंद्र सिंह उर्फ बब्बू (32) निवासी लुधियाना, पंजाब और जसविंदर सिंह उर्फ जस्सी (34) निवासी सलेमपुरा, समेजा कोठी, श्रीगंगानगर को गिरफ्तार किया गया है। वहीं जांच में जसविंदर सिंह के घर से भी हेरोइन का पैकेट मिला है, ऐसे में उसकी पत्नी नवजोत कौर को भी गिरफ्तार किया गया है। मामले में पूछताछ जारी है। पुलिसकर्मी की कार को टक्कर मारी एसपी हरीशंकर ने बताया- शुक्रवार देर शाम जैतसर थाना प्रभारी गोविंदराम को सूचना मिली कि पाकिस्तान की तरफ से ड्रोन से गिराई गई हेरोइन लेकर दो आरोपी जैतसर क्षेत्र से पंजाब की ओर ले जा रहे हैं। सूचना पर 5 की पुली के आगे अनूपगढ़-सूरतगढ़ स्टेट हाइवे 6GB पर नाकाबंदी लगाई गई। कुछ ही देर बाद अनूपगढ़ की ओर से तेज रफ्तार सफेद स्विफ्ट कार आती दिखाई दी। पुलिस टीम ने कार रोकने का इशारा किया, लेकिन ड्राइवर ने गाड़ी मोड़कर भागने की कोशिश की। पास में ही खड़े एक कॉन्स्टेबल के सिर पर चोट लग गई। इस दौरान उसने एक प्राइवेट कार (RJ13CE 1021) को टक्कर मार दी। जिसमें एक सिपाही के सिर पर गहरी चोट आई। जिसके बाद पुलिस ने पीछा कर कार को पकड़ लिया और दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। इनके कब्जे से 20 पैकेट हेरोइन के अलावा 1.40 लाख रुपए नकद भी बरामद किए हैं। यह नशे की खेप पंजाब में सप्लाई होने के लिए जानी थी। जीजा रिसीव करता था पाकिस्तान से आई ड्रग्स इधर, पुलिस पूछताछ में सामने आया- जसविंदर सिंह के जीजा बलविंदर सिंह ने बॉर्डर से सटे गांव 15 GD (अनूपगढ) श्रीगंगानगर से पाकिस्तान की तरफ से ड्रोन से गिराई हेरोइन रिसीव की थी। ये कुल 21 पैकेट में थी। इसके बाद बलविंदर सिंह ने 20 पैकेट पंजाब में डिलीवरी करने के लिए जसविंदर को दे दिए जबकि एक पैकेट जसविंदर के घर भेज दिया। जब जसविंदर के गांव सलेमपुरा में समेजा कोठी थाना पुलिस ने दबिश दी तो उसके घर से 1 पैकेट हेरोइन मिली। जिसमें 511 ग्राम हेरोइन थी। मौके से जसविंदर सिंह की पत्नी नवजोत कौर को गिरफ्तार कर लिया गया। पाकिस्तानी नंबरों पर चैटिंग मिली पुलिस इन्वेस्टिगेशन में सामने आया कि आरोपी जसविंदर सिंह पाकिस्तान के बड़े ड्रग्स हैंडलर के संपर्क में है। उसके मोबाइल से कई पाकिस्तानी नंबरों की चैटिंग मिली है, जो बॉर्डर पर से ड्रोन के जरिए हेरोइन गिरते हैं। जसविंदर सिंह ने अपने जीजा को हेरोइन लेने के लिए खेत में भेजा करता था। खरीदने वाले तीन लोग डिटेन पुलिस ने पकड़े गए आरोपियों से आगे हेरोइन खरीदने वाले 3 अन्य आरोपियों को भी डिटेन किया है। एसपी हरीशंकर ने कहा- सीमा सुरक्षा बल और खुफिया एजेंसियों के साथ समन्वय बनाकर हम ड्रोन तस्करी पर लगातार नकेल कस रहे हैं। यह बड़ी सफलता है। आगे की जांच चल रही है।।पुलिस इस पूरे गिरोह की अन्य लिंक्स का पता लगाने और पाकिस्तान कनेक्शन की गहराई में छानबीन कर रही है।
India vs Ireland: आयरलैंड के बाएं हाथ के तेज गेंदबाज जय मूंदड़ा (Jai Moondra) ने शुक्रवार (26 जून) को भारत के खिलाफ बेलफास्ट के सिविल सर्विस क्रिकेट क्लब में खेले गए पहले टी-20 इंटरनेशनल में शानदार गेंदबाजी से इतिहास रच दिया। डेब्यू मैच खेल रहे मूंदड़ा ने अपने कोटे के चार ओवर में 28 रन देकर 2 विकेट चटकाए, उन्होंने संजू सैमसन और शिवम दुबे को अपना शिकार बनाया। मूंदड़ा आयरलैंड के लिए पारी का दूसरा ओवर करने आए और पहली ही गेंद पर सैमसन को अपना शिकार बनाया। वह आय़रलैंड क्रिकेट इतिहास के दूसरे खिलाड़ी बन गए हैं, जिन्होने टी-20 इंटरनेशनल करियर की पहली गेंद पर विकेट लिया है। इससे पहले मैथ्यू हम्फ्रीज़ ने ही यह कारनामा किया था। इसके अलावा वह दूसरे एशियाई खिलाड़ी बन गए हैं, जिन्होंने आयरलैंड के लिए टी-20 इंटरनेशनल क्रिकेट खेला है। उनसे पहले सिमी सिंह ने ही यह मुकाम हासिल किया था। बता दें कि मूंदड़ा मूल रूप से भारतीय हैं औऱ उनका जन्म राजस्थान के टोंक में हुआ था। वह क्रिकेट में अपना करियर बनाने के लिए आय़रलैंड शिफ्ट हो गए थे। First international appearance. First delivery. First wicket. Some introduction from Jai Moondra! #BackingGreen | #IREvIND | #FilteSolar pic.twitter.com/nV6IfgWHpZ — Cricket Ireland (@cricketireland) June 26, 2026 मुकाबले की बात करें तो आयरलैंड ने पहले टी-20 में भारत के खिलाफ एतेहासिक जीत दर्ज की। यह पहली बार है जब इंटरनेशनल क्रिकेट में आयरलैंड ने भारत को मात दी है। पहले बल्लेबाजी का न्यौता मिलने के बाद आयरलैंड ने 9 विकेट के नुकसान पर 182 रन बनाए। लोर्कन टकर ने 50 रन औऱ गेरेथ डेलानी ने 49 रन की पारी खेली। भारत के लिए हर्षित राणा ने 3 विकेट, अर्शदीप सिंह और अक्षर पटेल ने 2-2 विकेट, शिवम दुबे ने 1 विकेट लिया। जवाब में भारतीय टीम 18.5 ओवर में 148 रनों पर ऑलआउट हो गई। जिसमें अभिषेक शर्मा ने 20 गेंदों में 50 रन की तूफानी पारी खेली। Also Read: LIVE Cricket Score आयरलैंड के लिए मूंदड़ा के अलावा मैथ्यू होलांड औऱ मैथ्यू हम्फ्रीज़ ने 3-3 विकेट, लियाम मैकार्थी औऱ गेरेथ डेलानी ने 1-1 विकेट हासिल किया।
श्रीनगर (पौड़ी) में शुक्रवार देर रात ओवरटेक को लेकर शुरू हुआ विवाद हिंसक झड़प में बदल गया। स्थानीय युवकों और राजस्थान से आए यात्रियों के बीच हुई मारपीट में तीन स्थानीय युवक घायल हो गए। पुलिस ने राजस्थान से आए 10 यात्रियों को हिरासत में लिया है, जबकि मामले की जांच जारी है। घटना पौड़ी चुंगी क्षेत्र की है। बताया जा रहा है कि ओवरटेक को लेकर दोनों पक्षों के बीच पहले कहासुनी हुई, जो बाद में श्री यंत्र टापू के पास मारपीट में बदल गई। इस दौरान युवक हाथ में डंडे लेकर पत्थर फेंकते हुए भी नजर आए। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। घायलों का मेडिकल कराया गया। देर रात बड़ी संख्या में स्थानीय युवक कोतवाली पहुंच गए और कार्रवाई की मांग को लेकर नारेबाजी की। तस्वीरें देखिए… अब 3 पॉइंट्स में पढ़िए पूरी घटना… तहरीर में क्या लगाए गए आरोप शिकायतकर्ता चिराग बहुगुणा ने आरोप लगाया है कि पहले कार सवार युवकों ने अपनी गलती स्वीकार कर माफी मांगी, लेकिन कुछ देर बाद अन्य साथियों को बुलाकर दोबारा हमला कर दिया। इस हमले में उनके सिर, हाथ और कमर में चोटें आईं। घटना के बाद कोतवाली में जुटी भीड़ मारपीट की सूचना फैलते ही बड़ी संख्या में स्थानीय युवक श्रीनगर कोतवाली पहुंच गए। देर रात तक वहां नारेबाजी होती रही और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई गई। पुलिस के अनुसार, मौके पर पहुंचकर दोनों पक्षों को अलग किया गया और घायलों का मेडिकल कराया गया। मामले में प्राप्त शिकायत, मेडिकल रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। सोशल मीडिया पर लोगों की प्रतिक्रिया घटना के बाद सोशल मीडिया पर भी लोगों की तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। कई यूजर्स का कहना है कि उत्तराखंड की पहचान हमेशा शांत और आस्था की भूमि रही है, जहां वर्षों से स्थानीय लोगों और तीर्थयात्रियों के बीच अपनापन और सद्भाव का रिश्ता रहा है। कुछ लोगों ने लिखा कि हाल के वर्षों में यात्रियों और स्थानीय लोगों के बीच विवाद की घटनाएं बढ़ती दिख रही हैं, जो चिंता का विषय है। कुछ यूजर्स ने अपील की कि उत्तराखंड आने वाले श्रद्धालुओं का सम्मानपूर्वक स्वागत होना चाहिए और छोटी-छोटी बातों को विवाद का रूप नहीं देना चाहिए, क्योंकि इससे राज्य की छवि प्रभावित होती है। वहीं कुछ प्रतिक्रियाओं में कहा गया कि पहले चारधाम यात्रा में अधिकतर श्रद्धालु और बुजुर्ग आते थे, जबकि अब कुछ लोग इसे पर्यटन और मौज-मस्ती की तरह लेने लगे हैं। कई लोगों ने दोनों पक्षों से संयम बरतने, संवाद से विवाद सुलझाने और देवभूमि की शांति एवं सौहार्द बनाए रखने की अपील की। ------------------- ये खबर भी पढ़ें : हरियाणा के 8 युवकों ने दिव्यांग को पीटा: देहरादून में सड़क पर लिटाकर मारे घूंसे, भीड़ बढ़ी तो कार से भागे; VIDEO देहरादून में हरियाणा से आए 8 युवकों ने एक दिव्यांग युवक की पिटाई कर दी, जिसका वीडियो भी सामने आया है। वीडियो में कुछ लोग एक युवक को सड़क किनारे लिटाकर लात-घूंसे मारते हुए दिखाई दे रहे हैं। पढ़ें पूरी खबर…
फाजिल्का के अबोहर में शुक्रवार शाम को पुलिस ने फर्जी पुलिस गिरोह का पर्दाफाश कर 4 लोगों को गिरफ्तार किया है। यह गिरोह रुपए दोगुना करने का लालच देकर लोगों को फंसाते थे। इसके बाद तांत्रिक क्रिया करवाते। इसी दौरान फर्जी पुलिस बने गिरोह के सदस्य रेड मारकर तांत्रिक को गिरफ्तार करते और लोगों के पैसे भी जब्त कर लेते थे। इस फर्जी रेड में पीड़ित अपनी शिकायत किसी से कर नहीं पाते थे। इसी का फायदा उठाकर यह गिरोह करीब 7 घटनाओं को अंजाम दे चुका था। अंतिम पीड़ित राजस्थान से आए, जिनसे करीब 6 लाख रुपए ठग जाने के बाद उन्होंने पुलिस को शिकायत दे दी। थाना नंबर-1 के प्रभारी मनिंदर सिंह ने बताया है कि गिरफ्तार किए गए आरोपियों से नकली वर्दी, हथकड़ी, बेल्ट आदि सामान बरामद हुआ है। इस गिरोह में शामिल एक महिला समेत कुल 8 लोगों के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान भोमा राम, करनैल सिंह, हरप्रीत सिंह और राजवीर सिंह के रूप में हुई है। वहीं, सराभा नगर में रहने वाले सतनाम सिंह की पत्नी निम्मो, मलोट मंडी का निवासी बंटी समेत अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापे मारे जा रहे हैं। ऐसे देते थे वारदात को अंजाम पिछले महीने की वारदात के बाद निशाने पर आए पुलिस के मुताबिक, 17 मई को राजस्थान के लूनकरणसर की रहने वाली महिला सुमन रानी पत्नी प्रेम कुमार अपने पैसे डबल करवाने के लालच में अबोहर आई। गिरोह का नेटवर्क राजस्थान और हरियाणा में भी फैला हुआ है, जो लोगों को फंसाकर अबोहर भेजता है। यह महिला भी लालच में आकर फाजिल्का पहुंची थी। यहां आते ही गिरोह के सदस्यों ने महिला से 93 हजार रुपए ले लिए। महिला ने पूरी रकम ठगों के खाते में डाली। उसे विश्वास दिलाया गया कि उसके पैसे जल्द ही डबल हो जाएंगे। इसके कुछ दिन बाद महिला को फोन पर सूचना दी गई कि तुम्हारे पैसे डबल हो गए हैं। और भी करवाने हैं तो पैसे लेकर आ जाओ। महिला ठगों की बताई जगह अबोहर की दाना मंडी पहुंच गई। वह अपने साथ 5 लाख रुपए कैश लेकर आई थी। दाना मंडी स्थित एक घर में महिला से 5 लाख रुपए सामने रखवा लिए गए। इसी दौरान गिरोह के नकली पुलिस बने सदस्यों ने रेड मारी और सारे सामान के साथ 5 लाख रुपए भी जब्त कर ले गए। इस घटना पर महिला को शक हुआ तो उसने पुलिस को शिकायत दी। 3 राज्यों में फैला था नेटवर्क पुलिस जांच में इस गिरोह की कार्यप्रणाली को लेकर बेहद चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह गिरोह सिर्फ पंजाब तक सीमित नहीं था, बल्कि इसके तार पड़ोसी राज्यों हरियाणा और राजस्थान से भी जुड़े हुए थे। पुलिस को आशंका है कि इस गिरोह ने इन राज्यों में भी ठगी की कई बड़ी वारदातों को अंजाम दिया है। फिलहाल, पुलिस आरोपियों को रिमांड पर लेकर आगे की पूछताछ कर रही है, जिससे गिरोह के बाकी सदस्यों की गिरफ्तारी और अन्य मामलों के खुलासे की उम्मीद है।
हरियाणा में चल रहे एक डम्पर के राजस्थान में ट्रैफिक रुल तोड़ने को लेकर चालान कटने का रोचक मामला सामने आया है। जयपुर में आरटीओ की ओर से पिछले एक साल में हरियाणा में चल रहे डम्पर के 45 चालान काटे गए। 10 लाख के चालान बकाया होने के साथ आरसी को सस्पेंड कर दिया गया। शिवदासपुरा थाने में पीड़ित बिजनेसमैन की ओर से FIR दर्ज करवाई गई है। पुलिस ने बताया- हरियाणा के चरखी दादरी निवासी बिजनेसमैन सुशील कुमार (52) ने रिपोर्ट दर्ज करवाई है। उनका डम्पर (HR84 - 3083) है, जो शिव स्टोर क्रेशर अटेला केला चरखी दादरी हरियाणा में रजिस्टर्ड है। पिछले करीब एक साल से उनके डम्पर के चालान जयपुर के शिवदासपुरा क्षेत्र में कट रहे हैं। उनके जिस डम्पर के चालान काटे जा रहे हैं, वे हरियाणा से बाहर चलता ही नहीं है। शक है कि हमारे डम्पर की रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट (HR84 - 3083) का मिस यूज किया जा रहा है। जयपुर में किसी वाहन पर नंबर प्लेट का यूज किया जा रहा है। इस कारण अभी तक करीब 10 लाख रुपए के चालान जयपुर आरटीओ की ओर से काटे गए हैं। चालानों की वजह से राजस्थान आरटीओ की ओर से डम्पर की आरसी को सस्पेंड कर रखा है। आरटीओ ने काट दिए 45 चालान पीड़ित बिजनेसमैन सुशील कुमार ने बताया- शिव स्टोर क्रेशर के नाम से उनका 12 पहियों का डम्पर रजिस्टर्ड है। ये डम्पर अटेला से झोजू और झोजू से अटेला चलता है। हरियाणा के दादरी में ही हमारा डम्पर सिर्फ 15-20 किलोमीटर दूरी में ही चलता है। इससे बाहर इस डम्पर का यूज कहीं नहीं होता है। इसके बाद भी जयपुर के शिवदासपुरा में पिछले एक साल में 45 चालान आरटीओ की ओर से काटे गए हैं। चालान वसूली की रकम करीब 10 लाख रुपए है। राजस्थान आरटीओ ने सस्पेंड की आरसी 2 मार्च-2025 को हमारा डम्पर (HR84 - 3083) हरियाणा के दादरी में था। उसके बाद भी जयपुर के शिवदासपुरा में उसका ओवर लोड का चालान काट दिया गया। आरटीओ की ओर से काटे गए चालान का मेरे रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर टैक्स मैसेज आया। हरियाणा में खड़े डम्पर का राजस्थान के जयपुर में चालान कटने का पता चलने पर दंग रह गया। कुछ ही दिनों बाद जयपुर आरटीओ की ओर से दूसरा चालान काटा गया। मोबाइल पर मैसेज आने पर चालान कटने का पता चला, जबकि डम्पर हरियाणा से बाहर ही नहीं गया। दोनों चालानों की रकम करीब 62 हजार रुपए जमा नहीं करवाने के चलते राजस्थान आरटीओ की ओर से आरसी सस्पेंड कर दी गई। जयपुर आरटीओ में नहीं हुई सुनवाई आरोप है आरसी सस्पेंड करने को लेकर डम्पर को हरियाणा में ही कंपनी गैराज में खड़ा करवा दिया। जयपुर आकर आरटीओ में कॉन्टैक्ट कर हरियाणा में चल रहे डम्पर के जयपुर में चालान काटने की शिकायत की गई। चालान रद्द कर आरसी सस्पेंड को हटाने की अधिकारियों से कहा गया, लेकिन उनकी ओर से मामूली बात समझकर अनसुना कर दिया गया। उसके बाद दोबारा खड़े डम्पर के चालान कटने के मैसेज आने लगे। दो-तीन बार जयपुर आरटीओ आकर चक्कर लगाने के बाद भी ध्यान नहीं दिया गया। लिखित शिकायत पर भी नहीं हुई कार्रवाई बिजनेसमैन का कहना है कि अतिरिक्त प्रादेशिक परिवहन अधिकारी (भार वाहन) राजस्थान, झालाना डूंगरी जयपुर और आरटीओ इंस्पेक्टर शिवदासपुरा जयपुर को लिखित में भी शिकायत देकर चालान रद्द कर आरसी बहाल के लिए कहा गया। शिकायत देने के बाद भी कार्रवाई नहीं हुई, बल्कि चालान की संख्या लगातार तेजी से बढ़ने लगी। 29 मई-2025 को शिवदासपुरा थाने में शिकायत देने पर पुलिस ने भी परिवाद में रख फर्जीवाड़े पर ध्यान नहीं दिया। टोल प्लाजा से निकली दूसरी गाड़ी पीड़ित बिजनेसमैन का कहना है- आरटीओ की ओर से हरियाणा में खड़े डम्पर के जयपुर में लगातार चालान काटने के मोबाइल पर मैसेज आते रहे। परेशान होकर बिजनेसमैन ने खुद ही पड़ताल शुरू की। शिवदासपुरा टोल प्लाजा के अफसरों से मिलकर अपनी परेशानी बताई। टोल प्लाजा पर लगे CCTV फुटेज चैक करने पर 16 टायर के डम्पर पर उनकी गाड़ी की नंबर प्लेट का यूज करते दिखाई दिया। जाली नंबर प्लेट का यूज कर जयपुर के शिवदासुपरा में अवैध रूप से दूसरे डम्पर चलाने का पता चला। आरटीओ ने भेजे 10 लाख के चालान पीड़ित बिजनेसमैन का कहना है कि आरटीओ की ओर से पिछले एक साल में 45 चालान काटे गए। आरटीओ की ओर से काटे गए चालान की रकम करीब 10 लाख रुपए है। ये चालान जयपुर के शिवदासपुरा क्षेत्र के ही है। जिसमें ओवर स्पीड, फिटनेस, डॉक्यूमेंट नहीं होना आदि के चालान शामिल हैं। हमारे 12 पहिया डम्पर के नंबर का यूज 16 टायर के डम्पर पर जयपुर में अवैध रुप से लगातार किया जा रहा है। हरियाणा में डम्पर के होने के प्रफू जयपुर में चालान काटे गए डम्पर के उस समय हरियाणा में मौजूद होने के सभी सबूत उनके पास मौजूद हैं। हरियाणा में चल रहे डम्पर की जीपीएस लोकेशन व रवन्ना स्लीप है। इसके साथ ही डम्पर में तेल भरवाने के हरियाणा में मौजूदगी के टैक्ट मैसेज भी हैं। जयपुर में आरटीओ की ओर से 45 चालान (शिवदासपुरा टोल प्लाजा, ठिकरिया टोल प्लाजा, दौलतपुरा टोल प्लाजा, सोनवा टोल प्लाजा, सीतारामपुरा टोल प्लाजा और बड़खेड़ा टोल प्लाजा) के पास आरटीओ ने कार्रवाई कर काटे हैं।
हरियाणा में थाने के मालखाने से चोरी का एक और मामला सामने आया है। इस बार मामला फरीदाबाद का है, जहां सेक्टर 8 थाने में पुलिस की सुरक्षा में रखे गए 32 लाइसेंसी हथियार चोरी हो गए। चोरी हुए हथियारों में विदेशी हथियार भी शामिल है, जिनकी कीमत 12 लाख रुपए तक है। मामले का खुलासा होने पर पुलिस कमिश्नर सतेंद्र कुमार गुप्ता ने तत्काल प्रभाव से मालखाना इंचार्ज ASI बिजेंद्र सिंह को सस्पेंड कर दिया है। उनके खिलाफ थाने में ही चोरी की एफआईआर भी दर्ज कराई गई है। पुलिस को संदेह है कि इन हथियारों को राजस्थान, नोएडा सहित दिल्ली-एनसीआर में बेचा गया है। इसे देखते हुए पुलिस कमिश्नर ने पूरे मामले में गोपनीय जांच भी बैठा दी गई है। हिदायत दी गई है कि कोई भी सूचना लीक ना होने पाए। 6 दिन पहले ही फतेहाबाद जिले के सदर थाने के मालखाने से 211 पेटी शराब गायब हो गईं थी। SP ने तुरंत कार्रवाई करते हुए सदर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर प्रहलाद सिंह के खिलाफ FIR दर्ज कराते हुए सस्पेंड कर दिया था। साथ ही पूरे थाने का स्टाफ बदल दिया गया था। थाने से कैसे गायब हुए लाइसेंसी हथियार, जानिए पूरा मामला…. 211 पेटी शराब पर फतेहाबाद एसएचओ पर गिर चुकी गाज छह दिन पहले ही हरियाणा के फतेहाबाद जिले के सदर थाने के मालखाने से 211 पेटी शराब गायब होने का मामला सामने आया था। इसकी शिकायत पहले DGP ऑफिस तक पहुंची थी। वहां से मामला SP निकिता खट्टर के पास भेजा गया, जिसके बाद जांच के लिए ASP दिव्यांशी सिंगला को नियुक्त किया गया। ASP ने मालखाने की जांच के दौरान रिकॉर्ड का मिलान किया तो 211 पेटी शराब कम मिली। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद SP ने तुरंत कार्रवाई करते हुए सदर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर प्रहलाद सिंह के खिलाफ FIR दर्ज कराते हुए सस्पेंड कर दिया गया। साथ ही पूरे थाने का स्टाफ बदल दिया गया है। कुल 48 पुलिसकर्मियों का तबादला कर उन्हें अन्य स्थानों पर भेजा गया है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि पिछले महीने इन शराब की पेटियों को नष्ट करने के लिए कोर्ट से आदेश लिया गया था। आरोप है कि कागजों में तो शराब को नष्ट दिखा दिया गया, लेकिन वास्तविकता में पेटियों को खुर्द-बुर्द कर दिया गया। अब जांच में यह पता लगाया जाएगा कि शराब को बेचा गया या किसी अन्य तरीके से ठिकाने लगाया गया। --------------------------------- पुलिस भ्रष्टाचार की ये खबर भी पढ़ें…. ₹4.5 करोड़ की अफीम में गोलमाल पर ASI बर्खास्त:सिरसा में पकड़ी थी 90KG, जांच में 88.7KG दिखाई; SP ने थाना प्रभारी भी हटाया हरियाणा के सिरसा में ट्रक से पकड़ी गई 4.5 करोड़ रुपए की अफीम की खेप में पुलिस के ही एक असिस्टेंट सब इंस्पेक्टर (एएसआई) रणबीर सिंह ने हेराफेरी कर दी। पुलिस की जांच पता चला कि पकड़ी गई करीब 90 किलो अफीम में से एएसआई ने एक किलो 30 ग्राम अपने पास रख ली। (पूरी खबर पढ़ें)
रैंप पर खूबसूरती का जलवा बिखेरने से पहले राजस्थान की 28 प्रतिभाशाली युवतियों ने अपने हुनर से सभी को प्रभावित किया। फ्यूजन ग्रुप की ओर से आयोजित मिस राजस्थान 2026 के टैलेंट राउंड में मॉडल्स ने यह साबित कर दिया कि मिस राजस्थान केवल ग्लैमर का मंच नहीं, बल्कि प्रतिभा, आत्मविश्वास और व्यक्तित्व का भी उत्सव है। सीकर रोड स्थित आर. चंद्रा पैलेस में आयोजित इस रंगारंग कार्यक्रम में टॉप-28 फाइनलिस्ट ने अपनी-अपनी कला का ऐसा प्रदर्शन किया कि निर्णायकों के साथ मौजूद दर्शक भी मंत्रमुग्ध हो गए। किसी ने शास्त्रीय और वेस्टर्न डांस की मनमोहक प्रस्तुति दी, किसी ने मधुर गायन से समां बांधा। हर प्रतिभागी अपने हुनर के साथ मंच पर उतरी कई प्रतिभागियों ने अभिनय के जरिए भावनाओं को मंच पर जीवंत कर दिया, तो किसी ने अपनी पेंटिंग और रचनात्मक कला से सभी का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। हर प्रतिभागी अपने हुनर के साथ मंच पर उतरी और पूरे आत्मविश्वास के साथ खुद को साबित करने का प्रयास करती नजर आई। कार्यक्रम के दौरान भावनात्मक दृश्य भी देखने को मिले। कई प्रतिभागियों का उत्साह बढ़ाने के लिए उनके माता-पिता और परिवार के सदस्य भी मौजूद रहे। मंच पर बेटियों का प्रदर्शन देखकर अभिभावकों के चेहरे पर गर्व साफ दिखाई दे रहा था। पूरे सभागार में तालियों की गूंज और प्रतिभागियों का आत्मविश्वास इस आयोजन को यादगार बना गया। पहले देखिए, इवेंट के फोटोज अब ग्रैंड फिनाले की ओर बढ़ रही टॉप-28 फाइनलिस्ट आयोजक योगेश मिश्रा और निमिषा मिश्रा ने बताया कि मिस राजस्थान देश का सबसे पुराना और प्रतिष्ठित, भारत सरकार से पंजीकृत ब्यूटी पेजेंट है। यहां से हर वर्ष कई प्रतिभागी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए चयनित होकर राजस्थान का नाम रोशन करती है। इस वर्ष प्रदेशभर से लगभग 6500 प्रतिभागियों ने आवेदन किया था, जिनमें से चयनित टॉप-28 फाइनलिस्ट अब ग्रैंड फिनाले की ओर बढ़ रही हैं। उन्होंने बताया कि फिनाले वीक के तहत 26 और 27 जून को आर. चंद्रा पैलेस, 28 जून से 1 जुलाई तक हैवा हेवन (जामडोली) और 2 से 4 जुलाई तक होटल पार्क ओशन में ग्रूमिंग, ट्रेनिंग, फोटोशूट, सब-टाइटल प्रतियोगिताएं और विभिन्न गतिविधियां आयोजित होंगी। इसके बाद 4 जुलाई की शाम बी.एम. बिड़ला ऑडिटोरियम में ग्रैंड फिनाले होगा। फिनाले में जयपुर की प्रसिद्ध डिजाइनर माधुरी चेतवानी (ड्रेसजीला) का रॉयल कलेक्शन, जेकेजे फैशन का ब्राइडल कलेक्शन, शिव ज्वेलर्स की पारंपरिक राजस्थानी ज्वेलरी और परम्परा द ज्वैल्स की डायमंड ज्वेलरी भी आकर्षण का केंद्र रहेगी। टैलेंट राउंड का जजमेंट मिस राजस्थान की डायरेक्टर एकता जैन, जीएम नवल शेखावत, आलोक शर्मा, संदीप जैन, रविंद्र सिंह, वासु जैन, डॉ. ऋतु अग्रवाल, डॉ. विवेक रूंगटा, मंजीत सिंह और हुकुम सिंह ने किया। प्रतिभागियों से किसी प्रकार का नहीं लिया जाता शुल्क कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मुकेश सैनी ने कहा कि आज के दौर में इतनी विविध प्रतिभाओं को एक मंच पर देखना बेहद सुखद अनुभव है। उन्होंने कहा कि मिस राजस्थान का सबसे सराहनीय पहलू यह है कि इसमें प्रतिभागियों से किसी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जाता और उन्हें एक महीने तक प्रोफेशनल ग्रूमिंग एवं प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है।
राजस्थान को देश के प्रमुख निर्यात केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में भारत सरकार के निर्यात-आयात बैंक (EXIM Bank) ने बड़ा कदम उठाने की घोषणा की है। बैंक जल्द ही जयपुर में अपना पहला क्षेत्रीय कार्यालय शुरू करेगा, जिससे प्रदेश के निर्यातकों, एमएसएमई, स्टार्टअप्स और उद्योगों को वित्तीय सेवाएं, निर्यात ऋण, व्यापार परामर्श और वैश्विक बाजारों से जुड़ी सुविधाएं स्थानीय स्तर पर उपलब्ध हो सकेंगी। जयपुर के होटल हिल्टन मे आयोजित प्रेस वार्ता में बैंक के डिप्टी मैनेजिंग डायरेक्टर तरुण शर्मा ने कहा कि राजस्थान में निर्यात के क्षेत्र में अपार संभावनाएं हैं और राज्य को हाई-वैल्यू तथा टेक्नोलॉजी आधारित उद्योगों की मदद से देश के अग्रणी निर्यात केंद्रों में शामिल किया जा सकता है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2025-26 में राजस्थान का वस्तु निर्यात 11.2 अरब अमेरिकी डॉलर रहा, जिससे राज्य देश का 10वां सबसे बड़ा निर्यातक राज्य बनकर उभरा है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में राजस्थान का निर्यात मुख्य रूप से सोना-आभूषण, धातु और संसाधन आधारित उत्पादों पर निर्भर है। ऐसे में निर्यात को नई दिशा देने के लिए इलेक्ट्रॉनिक्स, ऑटो कंपोनेंट्स, फार्मास्यूटिकल्स, सोलर उपकरण, एडवांस टेक्सटाइल्स और इंजीनियरिंग उत्पादों जैसे क्षेत्रों को बढ़ावा देने की आवश्यकता है। पांच जिलों तक सीमित है अधिकांश निर्यात तरुण शर्मा ने बताया कि राजस्थान के कुल निर्यात का लगभग 81 प्रतिशत हिस्सा केवल पांच जिलों से आता है। ऐसे में अन्य जिलों की निर्यात क्षमता विकसित करना समय की मांग है। उन्होंने कहा कि भिवाड़ी, नीमराना और अलवर जैसे औद्योगिक क्लस्टर, राज्य में उपलब्ध औषधीय पौधों की संपदा और नवीकरणीय ऊर्जा संसाधन राजस्थान को वैश्विक निर्यात हब बनाने की क्षमता रखते हैं। उन्होंने कहा कि अमेरिका राजस्थान का सबसे बड़ा निर्यात बाजार है, लेकिन वहां अभी भी ज्वेलरी, ग्रेनाइट, सीमेंट और प्लाईवुड जैसे उत्पादों का दबदबा है। वैश्विक मांग के अनुरूप इलेक्ट्रॉनिक्स, मशीनरी और फार्मा उत्पादों के निर्यात को बढ़ाने की दिशा में कार्य करने की जरूरत है। टेक्सटाइल, ऑटो और सोलर सेक्टर पर रहेगा विशेष फोकस बैंक ने राजस्थान के लिए ऑटो एवं ऑटो कंपोनेंट्स, हर्बल फार्मा, सोलर ऊर्जा उपकरण, टेक्सटाइल, हस्तशिल्प और एमएसएमई सेक्टर को भविष्य के प्रमुख निर्यात क्षेत्र बताया। बैंक पहले से ही भीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़ और बांसवाड़ा की टेक्सटाइल इकाइयों, बीकानेर की महिला हस्तशिल्प संस्थाओं और विभिन्न व्यापार सहायता कार्यक्रमों के माध्यम से हजारों निर्यात लेनदेन को सहयोग प्रदान कर रहा है। इसके अलावा जयपुर, उदयपुर और फलोदी में कारीगरों के कौशल विकास और जिला स्तर पर निर्यात बढ़ाने के लिए भी कई परियोजनाओं का समर्थन किया जा रहा है। जयपुर कार्यालय से उद्योगों को मिलेगा सीधा लाभ तरुण शर्मा ने बताया कि जयपुर में क्षेत्रीय कार्यालय शुरू होने के बाद प्रदेश के उद्यमियों को निर्यात वित्त, परियोजना ऋण, अंतरराष्ट्रीय व्यापार परामर्श, विदेशी खरीदारों से संपर्क और वैश्विक बाजारों तक पहुंच जैसी सुविधाएं यहीं उपलब्ध हो सकेंगी। इससे उद्योगों को अन्य राज्यों के कार्यालयों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि राजस्थान में टेक्सटाइल, जेम्स एंड ज्वेलरी, हैंडीक्राफ्ट, प्राकृतिक पत्थर, कृषि एवं फूड प्रोसेसिंग और इंजीनियरिंग गुड्स के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर बड़ी संभावनाएं मौजूद हैं, जिन्हें सही वित्तीय सहयोग और बाजार उपलब्ध कराकर नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया जा सकता है। प्रेस वार्ता के दौरान तरुण शर्मा ने अमेरिका-ईरान तनाव और पश्चिम एशिया में बढ़ती अस्थिरता पर भी अपनी राय रखी। उन्होंने कहा कि युद्ध जैसी परिस्थितियों में कच्चे तेल की कीमतों, समुद्री माल ढुलाई (फ्रेट), बीमा प्रीमियम और सप्लाई चेन पर असर पड़ता है, जिससे वैश्विक व्यापार की लागत बढ़ जाती है। हालांकि उन्होंने कहा कि भारत की अर्थव्यवस्था मजबूत है और भारतीय उद्योगों ने वैश्विक चुनौतियों के अनुरूप खुद को ढालने की क्षमता दिखाई है। उनके अनुसार, पश्चिम एशिया की मौजूदा परिस्थितियां चुनौतियों के साथ-साथ भारतीय कंपनियों के लिए नए व्यापारिक अवसर भी लेकर आ रही हैं।
उदयपुर में शुक्रवार दोपहर मौसम में अचानक बदलाव हुआ। सुबह से तेज धूप और उमस के बीच दोपहर बाद आसमान में बादल छा गए। इसके बाद शहर के कई इलाकों में हल्की बूंदाबांदी हुई। इससे मौसम सुहावना हो गया और लोगों को गर्मी से राहत मिली। हिरणमगरी, सविना, चेतक सर्किल, कोर्ट चौराहा सहित आसपास कई क्षेत्रों में हल्की बूंदाबांदी हुई। इससे लोगों को राहत मिली। मौसम विशेषज्ञ और गुरुनानक स्नातकोत्तर कन्या महाविद्यालय के सहायक आचार्य डॉ. आर.एस. देवड़ा ने बताया- दक्षिण-पश्चिम मानसून लगातार आगे बढ़ रहा है। इसके प्रभाव से दक्षिणी राजस्थान में प्री-मानसून गतिविधियां सक्रिय हो गई हैं। उन्होंने बताया- उदयपुर संभाग के विभिन्न क्षेत्रों में आगामी दिनों में खंड वर्षा (छिटपुट बारिश) होने की संभावना है। बादलों की आवाजाही और नमी बढ़ने से मौसम में उतार-चढ़ाव बना रहेगा। 27 जून को आंधी-बारिश का अलर्ट उदयपुर में गुरुवार को अधिकतम तापमान 37.2 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 25.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। इससे एक दिन पहले बुधवार को अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस रहा था। मौसम में आए इस बदलाव से तापमान में हल्की कमी महसूस हुई और लोगों को तेज धूप व उमस से राहत मिली। मौसम विभाग के अनुसार- यदि मानसूनी गतिविधियां इसी तरह आगे बढ़ती रहीं तो अगले कुछ दिनों में बारिश की गतिविधियों में और बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। मौसम विभाग के अनुसार- 27 जून को आंधी-बारिश का अलर्ट है। वहीं 2 जुलाई तक बादल छाए रहेंगे।
राजस्थान में मानसून की धीमी रफ्तार और देरी चर्चा में है। पिछली बार मानसून 7 दिन जल्दी पहुंच गया था। बारिश ने रिकॉर्ड तोड़ दिए थे। इस बार इतनी ही दिन देरी से यहां पहुंचने की आशंका है। आशंका यह भी है कि देरी से आया मानसून उतना नहीं बरसेगा, जितना समय पर या समय से पहले आने पर बरसता है। मौसम विभाग के अनुसार, मानसून के अगले सप्ताह राजस्थान पहुंचने की उम्मीद है। 10 फीसदी तक कम बारिश की भी आशंका जताई है। इस बीच भास्कर ने 1996 से लेकर 2025 तक यानी 30 साल के डेटा का एनालिसिस किया। इसमें सामने आया कि 30 साल में केवल 2 बार तय समय पर मानसूनी बादल राजस्थान से टकराए हैं। 15 बार मानसून समय से पहले और 13 बार देरी से आया है। इतना ही नहीं, 7 बार देरी से आया मानसून भी जमकर बरसा। 3 बार समय से पहले मानसून आया। इस दौरान जरूर 25% तक कम बारिश हुई। पढ़िए पूरी रिपोर्ट… 3 बार सबसे ज्यादा लेट, एक बार तोड़ डाला रिकॉर्ड मौसम विभाग में पिछले 30 साल के दौरान मानसून आने के अनुमानों की तारीख हमेशा बदलती रही है। अमूमन यह 20 से 25 जून के बीच की रही है। वहीं सामान्य बारिश अलग-अलग वर्षों में 415 से 435.6 मिलीमीटर (MM) तक मानी जाती रही है। इस एनालिसिस में मानसून आने की सामान्य तारीख को 25 जून मानकर जल्दी या देरी के दिन तय किए गए हैं। साल 2012 में मानसून सबसे ज्यादा 8 दिन लेट आया, लेकिन अगस्त में हुई बारिश ने सबकी चिंता दूर कर दी। 2012 में सामान्य से 11 फीसदी अधिक बारिश हुई। साल 2019 में 7 दिन देरी से मानसून राजस्थान पहुंचा, लेकिन बरसात में कोई कमी नहीं रही। 2019 में तीन दशकों में पहली बार बारिश का आंकड़ा 550 MM से पार पहुंच गया। खास बात यह रही कि मानसून ने पहले ही दिन राजस्थान के आधे से ज्यादा हिस्से को कवर कर लिया। साल 2014 में मानसून में 7 दिन की देरी दर्ज की गई। तब बरसात लगभग सामान्य जैसी ही रही। आंकड़े बताते हैं कि देरी से (जुलाई में) दस्तक देने वाले मानसून ने पिछले 30 सालों में अब तक कभी बारिश के आंकड़े माइनस में नहीं पहुंचाए। 10 बार 5 दिन तक की देरी से एंट्री मानसून 10 बार 5 दिन तक की देरी से राजस्थान में दाखिल हुआ। इन 10 अलग-अलग सालों में 5 बार सामान्य से अधिक और इतनी ही बार सामान्य से कम बरसात हुई। इनमें साल 2006 सबसे चौंकाने वाला रहा। मानसून 2 दिन की देरी से पहुंचा। अगस्त 2006 के आखिरी हफ्ते में बाड़मेर में पूरे साल के औसत से 5 गुना अधिक बारिश हो गई, बाढ़ आ गई। वहीं, 2002 और 2009 में मानसून 4-4 दिन देरी से था और दोनों बार सूखा पड़ा। 2022 में मानसून 5 दिन की देरी से था, लेकिन 596 MM बरसात ने राजस्थान को तर कर दिया। इस दौरान पूर्वी राजस्थान में करीब 781 MM बारिश दर्ज हुई। साल 2010 में मानसून एक दिन देरी से था, लेकिन बारिश करीब 540 एमएम दर्ज की गई। आमतौर पर पूर्वी राजस्थान में अधिक बरसात होती है, लेकिन उस दौरान पश्चिमी और पूर्वी राजस्थान में लगभग 27 फीसदी बरसात अधिक हुई। 2 बार तय समय पर आया और दोनों बार कर गया तर 30 साल में 2 बार ही मानसून तय समय पर राजस्थान पहुंचा। खास बात यह रही कि दोनों ही बार सामान्य से ज्यादा बारिश हुई। 2024 में करीब 679 MM बरसात हुई थी। 2023 में भी सामान्य से 15% ज्यादा बारिश हुई। 4 बार सबसे जल्दी, तोड़ा 108 साल का रिकॉर्ड राजस्थान में 30 साल में 4 बार सबसे जल्दी मानसून पहुंचा। बरसात चारों बार औसत से अधिक रही। 2001 में मानसून 12 दिन पहले राजस्थान पहुंच गया। हालांकि सबसे जल्दी मानसून आने के बावजूद कोई रिकॉर्ड नहीं टूटा। बरसात 11 फीसदी अधिक दर्ज हुई। रिकॉर्ड पिछले साल यानी 2025 के मानसून ने तोड़े थे। मानसून 7 दिन पहले राजस्थान पहुंचा और 64 फीसदी अधिक बरसा। 108 साल का रिकॉर्ड टूट गया। 2021 में भी मानसून 7 दिन पहले पहुंचा था और बरसात 17 फीसदी अधिक रही। जल्दी आने पर भी 2 बार सूखे जैसे हालात मानसून के 1 से 4 दिन पहले आने की बात करें तो पिछले 30 सालों में 11 बार ऐसा हुआ। 1999 में मानसून एक दिन पहले आया, लेकिन 25 फीसदी कम बरसा। 2004 में 3 दिन पहले आया और 22 फीसदी कम बरसात हुई। इन दोनों ही सालों में राजस्थान को सूखे के हालातों का सामना करना पड़ा। इधर, 2011 में भी एक दिन पहले मानसून आया और 11 फीसदी कम बरसा, लेकिन तब हालात सामान्य रहे। 1996, 2011 और 2016 में मानसून 2 से 3 दिन पहले आया। इन सालों में बरसात का आंकड़ा 500 MM से ज्यादा रहा। सबसे ज्यादा 2011 में 41 फीसदी अधिक 590 MM से भी ज्यादा बरसात हुई। ------ यह खबर भी पढ़िए… राजस्थान के 27 जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट, जयपुर में 30 मिनट की बरसात में सड़कें लबालब, कोटा-जोधपुर में भी बदला मौसम राजस्थान में गुरुवार (25 जून) को प्री-मानसून की बारिश का दौर जारी रहा। जयपुर, अजमेर, कोटा, भरतपुर, बीकानेर संभाग के कुछ एरिया में दोपहर बाद आंधी चली, फिर बारिश हुई। जयपुर में गुरुवार को 2 इंच बरसात से सड़कें लबालब हो गईं। नागौर, भीलवाड़ा, जोधपुर, कोटा के भी कुछ इलाकों में 20 से 35MM तक बरसात हुई। पढ़ें पूरी खबर...
अखिल भारतीय अग्रवाल सम्मेलन ने पूर्वी राजस्थान में युवा संगठन को मजबूत करने के उद्देश्य से सुमित अग्रवाल को अखिल भारतीय युवा अग्रवाल सम्मेलन का प्रदेश उपाध्यक्ष नियुक्त किया है। यह मनोनयन समाज हित में सक्रियता, संगठनात्मक अनुभव और समर्पण को देखते हुए किया गया है। संगठन ने विश्वास व्यक्त किया है कि नवनियुक्त प्रदेश उपाध्यक्ष के नेतृत्व में पूर्वी राजस्थान में संगठन को नई ऊर्जा और मजबूती मिलेगी। उन्हें युवा शक्ति को सशक्त एवं सक्रिय बनाने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। अखिल भारतीय अग्रवाल सम्मेलन देशभर के अग्रवाल समाज का राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिनिधित्व करने वाला एक प्रमुख संगठन है। यह पिछले लगभग 50 वर्षों से अपनी प्रादेशिक और जिला इकाइयों, महिला मंडल तथा युवा मंडल के माध्यम से समाज को संगठित करने और सामाजिक गतिविधियों को मजबूत बनाने का कार्य कर रहा है। राष्ट्रीय एवं प्रादेशिक नेतृत्व के निर्देशानुसार पूर्वी राजस्थान में संगठन के कार्यों के प्रभावी संचालन और समाज को संगठित करने के लिए यह नियुक्ति की गई है। संगठन का मानना है कि प्रदेश उपाध्यक्ष के रूप में उनका अनुभव, सक्रियता और कुशल नेतृत्व संगठन की कार्यप्रणाली को नई दिशा देगा। इससे पूर्वी राजस्थान में संगठनात्मक गतिविधियों को और अधिक गति एवं मजबूती मिलेगी। इस अवसर पर संगठन के पदाधिकारियों ने नवनियुक्त प्रदेश उपाध्यक्ष के सफल कार्यकाल और उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं व्यक्त कीं।
डूंगरपुर के डायालाल कुम्हार बने पहले अध्यक्ष:कुवैत में राजस्थान फाउंडेशन चैप्टर का गठन
कुवैत में राजस्थान फाउंडेशन के चैप्टर का गठन किया गया है। डूंगरपुर जिले की गलियाकोट तहसील के गरियाता गांव निवासी समाजसेवी डायालाल कुम्हार को इसका पहला अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति मुख्यमंत्री एवं राजस्थान फाउंडेशन के अध्यक्ष की ओर से की गई है। राजस्थान सरकार ने विदेशों में रह रहे राजस्थानियों को राज्य से जोड़ने के उद्देश्य से यह कदम उठाया है। इसी कड़ी में राजस्थान फाउंडेशन के कुवैत चैप्टर का गठन किया गया है। डायालाल कुम्हार (प्रजापति) डूंगरपुर जिले की गलियाकोट तहसील के गरियाता गांव के मूल निवासी हैं और कुवैत में एक प्रतिष्ठित प्रवासी समाजसेवी के रूप में जाने जाते हैं। प्रवासी समुदाय की मदद के लिए हुआ है गठनराजस्थान फाउंडेशन का मुख्य उद्देश्य दुनिया भर में बसे राजस्थानियों और राज्य सरकार के बीच मजबूत समन्वय स्थापित करना है। कुवैत चैप्टर के गठन से वहां रह रहे प्रवासी राजस्थानियों को राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, निवेश संभावनाओं, स्टार्टअप, उद्यमिता कार्यक्रमों, पर्यटन, शिक्षा और कौशल विकास जैसी पहलों से सीधे जुड़ने का अवसर मिलेगा। यह चैप्टर प्रवासी राजस्थानियों को राज्य में निवेश, उद्योग स्थापना, रोजगार सृजन, सामाजिक विकास परियोजनाओं और परोपकारी कार्यों में भागीदारी के लिए प्रोत्साहित करेगा। यह मंच प्रवासी समुदाय को आवश्यक मार्गदर्शन और सहयोग भी उपलब्ध कराएगा। राजस्थान दर्पण एसोसिएशन (आरडीए) कुवैत के महासचिव सतीश पंचाल ने इस नियुक्ति का स्वागत करते हुए कहा कि डायालाल कुम्हार का अनुभव, नेतृत्व क्षमता और सामाजिक समर्पण कुवैत में बसे राजस्थानियों को एक सशक्त मंच प्रदान करेगा। उन्होंने इसे प्रवासी राजस्थानी समाज के लिए ऐतिहासिक पहल बताते हुए कहा कि कुवैत चैप्टर राजस्थान सरकार, प्रवासी समुदाय, निवेशकों और युवा पेशेवरों के बीच प्रभावी सेतु का कार्य करेगा।
पाक-अफगान में पोलियो के केस बढ़े, राजस्थान में 28 से टीकाकरण
पड़ोसी देशों पाकिस्तान और अफगानिस्तान में पोलियो के नए मामले सामने आने के बाद राजस्थान में सतर्कता बढ़ा दी गई है। इसी के तहत 28 जून को राष्ट्रीय पल्स पोलियो टीकाकरण दिवस आयोजित किया जाएगा। अभियान का उद्देश्य भारत को पोलियो मुक्त बनाए रखने के साथ संभावित संक्रमण के खतरे को रोकना है। उदयपुर जिले में अभियान के लिए व्यापक तैयारियां की गई हैं। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग ने कुल 2854 टीमें तैनात की हैं। जिले में 1461 पोलियो बूथ बनाए गए हैं, जहां पहले दिन बच्चों को दवा पिलाई जाएगी। इसके बाद 2688 होम-टू-होम टीमें घर-घर जाकर छूटे बच्चों को दवा देंगी। बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन और प्रमुख चौराहों पर 83 ट्रांजिट टीमें तैनात रहेंगी। वहीं ईंट-भट्टों, निर्माण स्थलों और दूरस्थ ढाणियों तक पहुंचने के लिए 83 मोबाइल टीमें कार्य करेंगी। अभियान की निगरानी के लिए 295 सुपरवाइजर लगाए गए हैं। प्रारंभिक शिक्षा एवं पंचायती राज (प्राथमिक शिक्षा) विभाग के निदेशक सीताराम जाट ने सभी संयुक्त निदेशकों, जिला शिक्षा अधिकारियों और मुख्य जिला शिक्षा अधिकारियों को अभियान के प्रभावी संचालन के निर्देश दिए हैं। चिकित्सा, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के पत्र के बाद शिक्षा विभाग भी पूरी तरह सक्रिय हो गया है। स्कूलों को सौंपी छह अहम जिम्मेदारियां 1- विद्यार्थियों की डायरी में अभिभावकों के लिए जागरूकता संदेश लिखे जाएंगे। 2- जिन स्कूलों में पोलियो बूथ बनाए गए हैं, वे 28 जून (रविवार) को खुले रहेंगे। 3- छात्र-छात्राओं की बुलावा टोलियां घर-घर जाकर बच्चों को बूथ तक लाने में सहयोग करेंगी। 4- प्रार्थना सभा में पोलियो अभियान की जानकारी दी जाएगी। 5- बूथ वाले स्कूलों में पोलियो टीमों के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं की जाएंगी। 6- सरकारी और निजी स्कूलों के माध्यम से व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा।
यमुना जल प्रोजेक्ट को लेकर 29 जून (सोमवार) को नई दिल्ली में गृह मंत्री अमित शाह की मौजूदगी में जल शक्ति मंत्रालय, राजस्थान व हरियाणा सरकार के बीच मेमोरेंडम ऑफ एग्रीमेंट (एमओए) पर हस्ताक्षर होगा। इस दौरान जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल व मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा भी मौजूद रहेंगे। एमओए में यमुना जल प्रोजेक्ट को लेकर राजस्थान व हरियाणा के बीच जल मात्रा, प्रोजेक्ट की लागत, निर्माण, संचालन और जल वितरण की अंतिम शर्तें निर्धारित होंगी। सूत्रों का कहना है कि प्रधानमंत्री की 4 जुलाई को बाड़मेर में रिफाइनरी के उद्घाटन के दौरान इसकी घोषणा कर सकते हैं। समझौते के तहत 1994 में राजस्थान को यमुना जल आवंटित हुआ था, लेकिन पानी नहीं मिल पाया। 32 साल बाद राजस्थान को यमुना जल का हक मिलने जा रहा है। पानी को पाइपलाइन से पहुंचाने का प्रस्ताव है। सीएम भजनलाल शर्मा ढाई प्रोजेक्ट को लागू करवाने के लिए प्रयासरत हैं। यमुना जल समझौते से शेखावाटी क्षेत्र के चूरू, सीकर, झुंझुनूं जिलों के कस्बों व गांवों को 577 मिलियन क्यूबिक मीटर पानी मिलेगा। प्रोजेक्ट की लागत 33, 379 करोड़ रुपए है। इसमें से 3900 करोड़ रुपए भू अवाप्ति पर खर्च होंगे। 3.6 डाया मीटर की तीन पाइपलाइन डाली जाएगी। राजस्थान-हरियाणा के बीच सभी पॉइंटों पर सहमति बनी मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने मंगलवार को नई दिल्ली में जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल व हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के साथ यमुना जल परियोजना क्रियान्वयन से जुड़े पहलुओं पर चर्चा की। बैठक में एमओए के सभी पॉइंट को अंतिम रूप दिया गया। चुनौतियां : भूमि अधिग्रहण और रेल ट्रैक के किनारे पाइप लाइन बिछाना एमओए में यह तय होगा - पानी से लेकर लागत तक की शर्तें दूसरी बार प्रदेश में 1 लाख करोड़ के विकास कार्यों की मंजूरी रिफाइनरी, जयपुर में मेट्रो फेज 2 और जोधपुर एयरपोर्ट टर्मिनल की सौगात भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 4 जुलाई को राजस्थान को 3 बड़ी सौगात देंगे। पचपदरा रिफाइनरी का उद्घाटन के साथ-साथ जयपुर में मेट्रो फेज 2 का शिलान्यास और जोधपुर एयरपोर्ट टर्मिनल भी जनता को समर्पित करेंगे। इसके अलावा प्रदेश में 1 साल में हुई भर्तियों के 34 हजार चयनितों को नियुक्ति पत्र भी सौंपेंगे। प्रधानमंत्री मोदी राजस्थान को दूसरी बार एक लाख करोड़ से अधिक की सौगातें देंगे। पिछले सितंबर में बांसवाड़ा में 1.22 लाख करोड़ से अधिक की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया था। अब 79,450 करोड़ की रिफाइनरी, 14 हजार करोड़ के मेट्रो फेज-2, 500 करोड़ के जोधपुर एयरपोर्ट टर्मिनल सहित 1 लाख करोड़ के विकास कार्यों का उद्घाटन व शिलान्यास करेंगे। भास्कर इनसाइट 12 साल के जश्न का सबसे बड़ा तोहफा राजस्थान को केंद्र में 12 साल होने का सबसे बड़ा तोहफा प्रधानमंत्री ने राजस्थान को दिया है। 1 लाख करोड़ के विकास प्रोजेक्ट्स मिलने जा रहे हैं।
पंजाब के अबोहर में राजस्थान पुलिस पर हमला हुआ है। हनुमानगढ़ जिले के संगरिया थाने की टीम एक वांछित आरोपी को पकड़ने गई थी, तभी ग्रामीणों ने पुलिस के साथ धक्का-मुक्की और हाथापाई कर आरोपी को छुड़ा लिया। इस मामले में बहाववाला थाना पुलिस ने पति-पत्नी सहित 3 नामजद और 12 अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। जानकारी के अनुसार, संगरिया थाने में दर्ज एक आपराधिक मामले में अजीत सिंह और पवन कुमार उर्फ काली वांछित थे। सहायक थानेदार जसकरण सिंह के नेतृत्व में राजस्थान पुलिस की एक टीम को सूचना मिली थी कि पवन कुमार उर्फ काली पंजाब के गांव कंधवाला अमरकोट में छिपा हुआ है। इसी सूचना पर पुलिस टीम गांव पहुंची और उसकी तलाश शुरू की। पुलिस की जांच के दौरान पता चला कि पवन कुमार गांव निवासी राजकुमार उर्फ राजू की वर्कशॉप पर मौजूद था। जब पुलिस टीम ने उसे हिरासत में लेने का प्रयास किया, तो राजकुमार और उसकी पत्नी ने इसका विरोध किया। आरोप है कि दोनों ने पुलिसकर्मियों के साथ धक्का-मुक्की की और शोर मचाकर अन्य ग्रामीणों को भी मौके पर बुला लिया। 10 से ज्यादा लोगों ने पुलिस को घेरा पुलिस के मुताबिक, कुछ ही देर में 12 अन्य लोग भी वहां पहुंच गए और पुलिस टीम के साथ हाथापाई करने लगे। इसी दौरान, वांछित आरोपी पवन कुमार उर्फ काली को पुलिस हिरासत से छुड़ा लिया गया। आरोपी बाद में एक बाइक पर सवार होकर मौके से फरार हो गया। इस घटना के बाद राजस्थान पुलिस ने थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर मामला दर्ज किया गया है। शिकायत के आधार पर बहाववाला पुलिस ने पवन कुमार उर्फ काली, राजकुमार उर्फ राजू, उसकी पत्नी तथा 10-12 अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने, आरोपी को छुड़ाने और अन्य संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस आरोपियों की तलाश में छापेमारी कर रही है।
ब्यूटी पेजेंट 'मिस राजस्थान 2026' के 28वें संस्करण का फर्स्ट लुक बुधवार को मालवीय नगर स्थित जेकेजे फैशन में लॉन्च किया गया। फ्यूजन ग्रुप के इस कार्यक्रम में प्रसिद्ध फैशन डिजाइनर कनिष्का मौसूण ने ग्रैंड फिनाले के लिए तैयार किए गए विशेष ब्राइडल कलेक्शन की झलक प्रस्तुत की। इस कलेक्शन को फाइनल राउंड में टॉप-28 प्रतिभागी पहनकर रैंप पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगी। कार्यक्रम के दौरान आयोजक योगेश मिश्रा और निमिषा मिश्रा ने बताया कि इस वर्ष मिस राजस्थान के तहत कुल तीन विशेष लुक लॉन्च किए जाएंगे। इन डिजाइनों में राजस्थान की पारंपरिक संस्कृति, शाही विरासत और आधुनिक फैशन का खूबसूरत समावेश देखने को मिलेगा। फाइनलिस्ट इन विशेष कलेक्शंस को पहनकर रैंप पर उतरेंगी और अपनी खूबसूरती, आत्मविश्वास व व्यक्तित्व का प्रदर्शन करेंगी। मिस राजस्थान की मेंटर नवल शेखावत ने बताया- प्रतियोगिता के अंतिम दस दिनों के आयोजनों की शुरुआत सीकर रोड स्थित आर चंद्रा पैलेस से होने वाले टैलेंट राउंड से की जाएगी। इसके बाद प्रतिभागियों के लिए विभिन्न ग्रूमिंग, प्रशिक्षण और सब-टाइटल इवेंट्स आयोजित किए जाएंगे। मिस राजस्थान केवल एक ब्यूटी पेजेंट नहीं, बल्कि युवतियों के व्यक्तित्व विकास का मंच है। प्रतियोगिता में शामिल प्रतिभागियों को एक महीने तक विशेष ग्रूमिंग और ट्रेनिंग दी जाती है, जिसमें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के विशेषज्ञ विभिन्न विषयों पर मार्गदर्शन देते हैं। अब देखिए, इवेंट की फोटोज आयोजकों के अनुसार फिनाले वीक में चयनित 28 प्रतिभागी जयपुर में एक साथ रहेंगी और नौ दिनों तक चलने वाली विशेष गतिविधियों में हिस्सा लेंगी। इस दौरान उनकी ग्रूमिंग, व्यक्तित्व विकास, फैशन प्रशिक्षण, रैंप वॉक, कम्युनिकेशन स्किल्स और विभिन्न सब-टाइटल प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा। मिस राजस्थान 2026 का ग्रैंड फिनाले 4 जुलाई को बिड़ला ऑडिटोरियम में आयोजित होगा, जहां राजस्थानभर से चयनित प्रतिभागी प्रतिष्ठित खिताब के लिए मुकाबला करेंगी। फाइनल शो में जेकेजे फैशन अपने पारंपरिक डिजाइनों का प्रदर्शन करेगा, जबकि शिव ज्वेलर्स की पारंपरिक एवं राजपूती ज्वेलरी और परम्परा द ज्वैल्स की डायमंड ज्वेलरी भी मंच की शोभा बढ़ाएगी।
कोटा की बेटी ने रचा इतिहास। राजस्थान के वुशु खेल इतिहास में पहली बार किसी खिलाड़ी ने एशियन गेम्स के लिए भारतीय टीम में जगह बनाई है। महाबली स्पोर्ट्स एकेडमी की खिलाड़ी दिव्यांशी का चयन एशियन गेम्स 2026 के लिए हुआ है। साथ ही उन्हें चीन के हुबेई प्रांत में आयोजित होने वाली एससीओ वुशु चैंपियनशिप के लिए भी भारतीय टीम में शामिल किया गया है। कोच अशोक गौतम ने बताया कि दिव्यांशी ने इस मुकाम तक पहुंचने के लिए वर्षों की कठिन मेहनत की है। वर्ष 2017 से लगातार अभ्यास कर रही दिव्यांशी राष्ट्रीय स्तर पर 12 स्वर्ण पदक जीत चुकी हैं। इनमें सब-जूनियर, जूनियर, स्कूल गेम्स, खेलो इंडिया और फेडरेशन कप जैसी प्रतियोगिताओं के स्वर्ण पदक शामिल हैं। वर्ष 2024 में उन्होंने जूनियर विश्व वुशु चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीतकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी पहचान बनाई थी। एशियन गेम्स चयन प्रक्रिया के तहत आयोजित कई ट्रायल्स में दिव्यांशी ने शानदार प्रदर्शन किया। अंतिम ट्रायल श्रीनगर में आयोजित हुआ, जहां उन्होंने 60 किलोग्राम वर्ग में मणिपुर की भूमिका देवी को हराया। इसके बाद अर्जुन अवार्डी और अंतरराष्ट्रीय पदक विजेता रोशीबीना देवी को मात देकर बड़ा उलटफेर किया। फाइनल में चंडीगढ़ की हिमांशी को हराकर उन्होंने एशियन गेम्स का टिकट पक्का कर लिया। गौतम ने बताया कि शुरुआती ट्रायल में दिव्यांशी का वजन 74 किलोग्राम था, जबकि प्रतियोगिता में केवल 52 और 60 किलो वर्ग शामिल थे। ऐसे में उन्होंने कड़ी मेहनत कर करीब 14 किलो वजन कम किया और खुद को इस स्तर तक पहुंचाया। दिव्यांशी की सफलता के पीछे उनके माता-पिता और कोच का बड़ा योगदान रहा है। उनकी माता राजस्थान पुलिस में हेड कांस्टेबल हैं, जबकि पिता भारतीय सेना से सेवानिवृत्त हैं।
पीएम मोदी राजस्थान की बाड़मेर पचपदरा रिफाइनरी का उद्घाटन 4 जुलाई को करेंगे। पहले 21 अप्रैल को रिफाइनरी का उद्घाटन होना था। लेकिन इससे ठीक एक दिन पहले रिफाइनरी में आग लग गई थी। जिसके बाद पीएम मोदी का वह दौरा स्थगित करना पड़ा था। इस बार रिफाइनरी के साथ प्रधानमंत्री जयपुर मेट्रो फेस-2 का शिलान्यास भी करेंगे। कांग्रेस ने शौक मेट्रो चलाई, घाटे में चल रहीसीएम भजनलाल शर्मा ने कहा कि कांग्रेस के लोगों ने तो ऐसे रुट पर मेट्रो चलाई थी,जो आज भी घाटे में जा रही है। उनको तो मेट्रो चलाने का एक शौक था, उन्होंने यह भी नहीं देखा कि मेट्रो कहां चलनी चाहिए। मित्रों में कहना चाहता हूं कि 4 जुलाई को लगभग 43 किलोमीटर की मेट्रो लाइन का शिलान्यास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करने वाले है। 13 हज़ार करोड़ की मेट्रो जयपुर के अंदर आएगी। जयपुर में जहां आवश्यकता थी, टोंक रोड से लेकर के सीकर रोड तक पूरे शहर में होकर मेट्रो निकलेगी। यह बहुत बड़ा काम होने वाला है
झालावाड़ की राजदुलारी गोयल और अकलेरा की आरती गुप्ता को अखिल भारतीय अग्रवाल महिला सम्मेलन में महत्वपूर्ण दायित्व सौंपे गए हैं। दोनों महिलाएं समाज सेवा, महिला सशक्तिकरण और संगठनात्मक गतिविधियों में लंबे समय से सक्रिय भूमिका निभा रही हैं। उनकी नियुक्ति से अग्रवाल समाज सहित विभिन्न सामाजिक संगठनों में हर्ष का माहौल है। अखिल भारतीय अग्रवाल सम्मेलन के राष्ट्रीय अध्यक्ष बसंत मित्तल एवं महिला राष्ट्रीय अध्यक्ष वंदना टिबरेवाल की अनुशंसा पर यह नियुक्तियां की गई हैं। राजदुलारी गोयल को पूर्वी राजस्थान प्रांत की चेयरपर्सन और आरती गुप्ता को प्रदेशाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति समाज हित में उनके लंबे समय से किए जा रहे कार्यों, संगठन के प्रति समर्पण और महिलाओं को सामाजिक गतिविधियों से जोड़ने में निभाई गई प्रभावी भूमिका को देखते हुए की गई है। राजदुलारी गोयल और आरती गुप्ता दोनों ही सामाजिक एवं धार्मिक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी निभाती रही हैं। संगठन को उम्मीद है कि उनके नेतृत्व में महिला सम्मेलन की गतिविधियों को नई दिशा और गति मिलेगी। इससे समाज में महिलाओं की भागीदारी और अधिक सशक्त होगी। नियुक्ति की घोषणा के बाद झालावाड़ जिले के अग्रवाल समाज में खुशी की लहर दौड़ गई। समाज के वरिष्ठजनों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने दोनों पदाधिकारियों का अभिनंदन कर शुभकामनाएं दीं। बधाई देने वालों में झालावाड़ अग्रवाल समाज के अध्यक्ष पुखराज जैन, संदीप खरीददार, निर्मल पापड़िया, संजय अग्रवाल, पूर्व जिलाध्यक्ष जुगलकिशोर गोयल, पूर्व जिलाध्यक्ष पिंकी अग्रवाल, रुकमणी गर्ग, प्रीति अग्रवाल, प्रगति, मधु गुप्ता और नीलू अग्रवाल सहित अनेक गणमान्य नागरिक शामिल थे। इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि भगवान अग्रसेन के आदर्शों पर आधारित यह संगठन समाज में सेवा, सहयोग और समरसता की भावना को मजबूत कर रहा है। राजदुलारी गोयल और आरती गुप्ता जैसी समर्पित एवं अनुभवी महिलाओं को नेतृत्व की जिम्मेदारी मिलने से संगठन को नई ऊर्जा मिलेगी तथा समाजहित के कार्यों को और अधिक विस्तार मिलेगा। नशा मुक्ति की शपथ दिलाकर लोगों को किया जागरूकनशा मुक्त अभियान के तहत विशेष कार्यशाला का आयोजन बुधवार को मुंडेरी में जिला कलेक्टर अजय सिंह राठौड़ के मुख्य आतिथ्य में किया। कार्यक्रम का उद्देश्य आमजन, विशेषकर युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराते हुए नशा मुक्त समाज के निर्माण के लिए जागरूक करना था। कार्यशाला को संबोधित करते हुए जिला कलेक्टर ने कहा कि वर्तमान समय में नशे ने समाज में अपना गहरा प्रभाव स्थापित कर लिया है। मोबाइल की लत भी नशे का एक रूप, इससे बचना समय की आवश्यकताउन्होंने कहा कि आज के दौर में मोबाइल फोन का अत्यधिक उपयोग भी एक प्रकार के नशे का रूप ले चुका है। मोबाइल की लत के कारण लोगों में तनाव, अकेलापन और अवसाद जैसी समस्याएं बढ़ रही हैं, जो कई बार उन्हें अन्य प्रकार के नशों की ओर भी प्रेरित करती हैं। इसलिए डिजिटल संतुलन बनाए रखना भी उतना ही आवश्यक है जितना कि मादक पदार्थों से दूरी बनाए रखना।कार्यशाला में उपस्थित विशेषज्ञ नोडल अधिकारी मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम डॉ. रश्मि गुप्ता व ड्रग अधिकारी संदीप केले ने विभिन्न प्रकार के नशों के दुष्परिणामों, उनके शारीरिक, मानसिक एवं सामाजिक प्रभावों और उनसे बचाव एवं उपचार के उपायों की विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की गई। विशेषज्ञों ने बताया कि समय रहते परामर्श, पारिवारिक सहयोग और सकारात्मक जीवनशैली अपनाकर नशे की समस्या से प्रभावी ढंग से निपटा जा सकता है। इस दौरान कृष्ण मोहन देवड़ा ने उपस्थित जनसमूह को नशा मुक्ति की शपथ दिलाई और सभी को जीवनभर नशे से दूर रहने का संकल्प कराया। उन्होंने अपनी स्वलिखित नशा मुक्ति जागरूकता गीतों की प्रभावशाली प्रस्तुति देकर उपस्थितजनों को भावनात्मक रूप से प्रेरित किया तथा नशे के विरुद्ध सामाजिक चेतना का संदेश दिया। इस दौरान नशा मुक्ति विषयक जागरूकता पोस्टर का विमोचन भी किया गया। पोस्टर के माध्यम से नशे के दुष्परिणामों और उससे बचाव के संदेश को आमजन तक पहुंचाने का प्रयास किया। अंत में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के उप निदेशक रामनिवास यादव ने सभी अतिथियों, विशेषज्ञों, शिक्षकों, विद्यार्थियों एवं उपस्थित लोगों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सामूहिक प्रयासों और सतत जनजागरूकता के माध्यम से ही नशा मुक्त एवं स्वस्थ समाज का निर्माण संभव है।
राजस्थान के ग्राम ढीमरपुरा क्षेत्र में खेत पर मजदूरी कर रहे एक युवक की सांप के काटने से मौत हो गई। घटना के बाद उसे तत्काल गुना जिला अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन उपचार के दौरान उसकी जान नहीं बच सकी। बुधवार को जिला अस्पताल में पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। जानकारी के अनुसार मृतक राजू आदिवासी निवासी गोकलसिंह का चक्क, मोतीपुरा प्लांट के पास स्थित ढीमरपुरा क्षेत्र में हरवाई और खेतिहर मजदूरी का कार्य करता था। मृतक के भाई भानू आदिवासी ने बताया कि मंगलवार शाम करीब 4 बजे राजू कालूराम के खेत पर चारा काट रहा था। इसी दौरान उसे जहरीले सांप ने काट लिया। घटना की जानकारी मिलते ही खेत मालिक और आसपास मौजूद लोगों ने उसे तत्काल उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया। परिजनों को रात करीब 8 बजे घटना की सूचना मिली, जिसके बाद वे अस्पताल पहुंचे। हालांकि चिकित्सकों के प्रयासों के बावजूद युवक को बचाया नहीं जा सका। परिजनों ने बताया कि राजू की शादी हो चुकी थी, लेकिन उसकी पत्नी काफी समय पहले उसे छोडक़र चली गई थी। वह मजदूरी कर अपना जीवनयापन कर रहा था। बुधवार को जिला अस्पताल में शव का पोस्टमार्टम कराया गया। इसके बाद पुलिस ने आवश्यक कार्रवाई पूरी कर शव अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया। मामले में मर्ग कायम कर जांच की जा रही है।
अभी नहीं थमेगी बारिश-आंधी, दिल्ली-यूपी से लेकर राजस्थान तक एक हफ्ते का अलर्ट जारी
दिल्ली, यूपी, पंजाब, हरियाणा और राजस्थान समेत उत्तर भारत के कई राज्यों में अगले एक सप्ताह तक आंधी, बारिश और तेज हवाओं का दौर जारी रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने कई इलाकों में अलर्ट जारी किया है।
दिल्ली के बाद अब राजस्थान में भी टैक्स फ्री हुई फिल्म '120 बहादुर'
एक्सेल एंटरटेनमेंट और ट्रिगर हैपी स्टूडियोज की वॉर एपिक '120 बहादुर' आखिरकार सिनेमाघरों में रिलीज हो गई है, और इसके साथ ही पूरे देश में जबरदस्त उत्साह की लहर दौड़ गई है। साल की सबसे ज्यादा चर्चा वाली फिल्मों में शामिल इस फिल्म को मीडिया और ...
राजस्थान बोर्ड ने जारी किया 10वीं-12वीं सप्लीमेंट्री परीक्षा 2024 का शेड्यूल, यहां करें चेक
Rajasthan Board 10th-12th Supplementary Exam 2024: राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) ने बीएसईआर सप्लीमेंट्री परीक्षा 2024 की डेटशीट जारी कर दी है। जिन छात्रों के परीक्षा में 33 प्रतिशत से कम अंक
क्या 6 महीने बाद फिर से राजस्थान के इस महल में शादी करने जा रहे हैं विक्की कैट
राजस्थान अपने खूबसूरत किलों और महलों के लिए विश्वभर में जाना जाता है। कला और संस्कृति के इस अनूठे संगम, शाही ठाठ बाठ समेत राजपुताना वास्तुकला का आनंद उठाने दुनिया के कोने-कोने से पर्यटक यहां आते हैं..........
Salman Khan फायरिंग केस में आया सनसनीखेज अपडेट, राजस्थान के इस राज्य से पकड़ा गया मामले का एक और आरोपी
सलमान खान के घर पर गोलीबारी प्रकरण में नया मामला दर्ज, राजस्थान से एक व्यक्ति गिरफ्तार
मुंबई। मुंबई पुलिस ने अप्रैल में अभिनेता सलमान खान के आवास के बाहर हुई गोलीबारी के सिलसिले में एक नया मामला दर्ज किया है और आपराधिक धमकी के आरोप में राजस्थान से एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। एक अधिकारी ने रविवार को यह जानकारी दी। अपराध शाखा के अधिकारी ने बताया कि आरोपी की पहचान राजस्थान के बूंदी निवासी बनवारीलाल लटूरलाल गुर्जर (25) के रूप में हुई है। अधिकारी ने बताया कि गुर्जर ने कथित तौर पर अपने यूट्यूब चैनल पर एक वीडियो अपलोड किया था जिसमें उसने कहा था, लॉरेंस बिश्नोई, गोल्डी बराड़ और गिरोह के अन्य सदस्य मेरे साथ हैं तथा मैं सलमान खान को मारने जा रहा हूं क्योंकि उसने अभी तक माफी नहीं मांगी है। आरोपी ने राजस्थान में एक राजमार्ग पर वीडियो बनाया और उसे अपने चैनल पर अपलोड कर दिया। अधिकारी ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए एक टीम जांच के लिए राजस्थान भेजी गई और उसने आरोपी को पकड़ लिया। उन्होंने कहा कि मुंबई के साइबर पुलिस थाने में मामला दर्ज कर लिया गया है। अधिकारी ने कहा, हम जांच कर रहे हैं कि आरोपी गुर्जर का कोई पिछला आपराधिक इतिहास तो नहीं है। उसे भारतीय दंड संहिता की संबंधित धाराओं, 506 (2) (आपराधिक धमकी के लिए सजा) और सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) अधिनियम के प्रावधानों के तहत गिरफ्तार किया गया है और जांच जारी है। बांद्रा इलाके में 14 अप्रैल की सुबह सलमान खान के घर के बाहर मोटरसाइकिल सवार दो लोगों ने कई गोलियां चलाई थीं। इस मामले में कुल छह लोगों को गिरफ्तार किया गया था। इनमें से एक अनुज थापन ने एक मई को पुलिस हवालात में कथित तौर पर फांसी लगा ली थी।
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'एकलव्य' के बारे में कुछ अनकहे किस्से
एकलव्य : रॉयल गार्ड का मूल नाम यज्ञ था। उत्पादन 2005 की शुरुआत में शुरू हुआ..........
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'परमाणु' के बारे में कुछ अनकहे किस्से
जॉन अब्राहम की फिल्म 'परमाणु- द स्टोरी ऑफ पोखरण' को रिलीज हुए 6 साल हो गए हैं। यह फिल्म 25 मई 2018 को रिलीज हुई थी..........
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'बादशाहो' के बारे में कुछ अनकही बाते
बादशाहो एक पीरियड एक्शन-थ्रिलर थी.......
देसी मिट्टी से शाहरुख खान ने कमा डाले 200 करोड़ रुपये, राजस्थान में करी थी फिल्म जवान की शूटिंग?
शाहरुख खान की फिल्म जवान ने पहले तीन दिनों में 200 करोड़ रुपये की कमाई कर शानदार प्रदर्शन किया है. 7 सितंबर को सिनेमाघरों में रिलीज हुई इस फिल्म ने 75 करोड़ की बड़ी ओपनिंग का रिकॉर्ड बनाया है............
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'ये जवानी है दीवानी' के बारे में कुछ रोचक बाते
उदयपुर में शूट की गई रोमांटिक और कॉमेडी फिल्मों की जबरदस्त अवधारणाओं में से एक का निर्माण करण जौहर द्वारा किया गया था और अयान मुखर्जी द्वारा निर्देशित किया गया था। यह उदयपुर में शूटिंग की गई सबसे लोकप्रिय फिल्मों में से एक थी.........
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'गाइड' के बारे में कुछ अनकही बाते
उदयपुर में शूट की गई पहली फिल्मों में से एक वहीदा रहमान और देव आनंद अभिनीत एक रोमांस ड्रामा थी। यह फिल्म आर.के. नारायण के प्रसिद्ध उपन्यास पर आधारित है, जिसे व्यापक रूप से भारतीय सिनेमा उद्योग की उपलब्धियों में से एक माना जाता है.............
फिल्मों की शूटिंग के लिए बेस्ट लोकेशन बन रहा राजस्थान का अलवर
राजस्थान प्रदेश का अलवर जिला इन दिनों फिल्मों और वेब सीरीज समेत शॉर्ट फिल्मों के लिए बेस्ट लोकेशन बनता जा रहा है। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि बॉलीवुड एक्टर उज्जवल चोपड़ा अपनी शॉर्ट फिल्म की 4 दिन की शूटिंग के लिए अलवर पहुंचे..........
जोधा अकबर की शूटिंग के बाद मशहूर हुई राजस्थान की ये जगहे
भारतीय फिल्म इंडस्ट्री की पीरियड फिल्म 'जोधा अकबर' के कुछ सीन जयपुर के आमेर किले में शूट किए गए हैं. आपको आशुतोष गोवारिकर की फिल्म का वो सीन याद होगा, जिसमें ऐश्वर्या राय किचन में राजा के लिए खाना बनाती है......
बॉलीबुड और हॉलीवुड फिल्मों के लिए फेमस है राजस्थान की ये जगहे, देखें वीडियो
राजस्थान और फिल्में हमेशा से मनोरंजन का तड़का लगाती रही हैं। राजधानी जयपुर हमेशा से फिल्म निर्माताओं की पसंदीदा रही है। 'पिंक सिटी' में एक-दो नहीं बल्कि कई बॉलीवुड फिल्मों की शूटिंग हो चुकी है......
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'लगान' के बारे में कुछ रोचक तथ्य
मिस्टर परफेक्शनिस्ट के नाम से मशहूर आमिर खान की फिल्म 'लगान' उनके फिल्मी करियर के लिए मील का पत्थर साबित हुई। फिल्म में एक ऐसे गांव का चित्रण किया गया था जहां के लोग किराए के बोझ तले दबे हुए थ......
करण-अर्जुन की शूटिंग के बाद मशहूर हुई राजस्थान की ये जगहे
आप सभी ने फिल्म अर्जुन तो देखी ही होगी, यह उस समय की ब्लॉकबस्टर फिल्म थी। और इस फिल्म में दिखाया गया गांव और ठाकुर दुर्जन सिंह की हवेली सभी को याद होगी. लेकिन ज्यादातर लोगों को ये नहीं पता कि इस फिल्म की शूटिंग किस गांव में हुई थी.........
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'बोल बच्चन' के बारे में कुछ अनोखी बातें
रोहित शेट्टी की फिल्म 'बोल बच्चन' में अभिषेक बच्चन, अजय देवगन और असिन नजर आए हैं. फिल्म की आधे से ज्यादा शूटिंग पिंक सिटी जयपुर में हुई है. फिल्म का हिट गाना 'चलाओ न नैनों से बाण रे' की शूटिंग जयपुर के मशहूर रिजॉर्ट चोखी ढाणी में हुई है......
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'बाजीराव मस्तानी' के बारे में कुछ अनोखी बातें
राजस्थान और फिल्मों का साथ हमेशा से ही एंटरटेनमेंट का तड़का लगा रहा है. राजधानी जयपुर (Jaipur) हमेशा से ही फिल्मकारों की पसंद रही है. बॉलीवुड की एक-दो नहीं बल्कि कई फिल्में 'पिंक सिटी' में शूट हो चुकी हैं.......
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'बद्रीनाथ की दुल्हनिया' के बारे में कुछ अनोखी बातें
जब आलिया भट्ट और वरुण धवन अपनी फिल्म 'बद्रीनाथ की दुल्हनिया' के प्रमोशन के लिए जयपुर आए तो यह उनके लिए घर वापसी जैसा था। आप पूछेंगे कैसे? दोनों ने राजस्थान में फिल्म की शूटिंग के लिए इतना समय बिताया है कि उन्हें लगता है कि वे यहीं के हैं.....
Rajasthan 12th Board: दो दिन बाद समाप्त होंगे पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन, ऐसे भरें फॉर्म
राजस्थान बोर्ड कक्षा 12वीं रिजल्ट 2024: पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन करने की आखिरी तारीख 30 मई है। जो छात्र अपने अंक से असंतुष्ट हैं, वे आवेदन कर सकते हैं। आइए जानते हैं, कैसे करना है आवेदन। यहां देखें
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'हम साथ साथ हैं' के बारे में कुछ अनोखी बातें
4 अक्टूबर 1998 को ग्रोव के संरक्षक मांगीलाल सोनल द्वारा सार्वजनिक पार्क में फिल्म ' हम साथ - साथ हैं ' की शूटिंग की अनुमति दी गई थी। यह खुलासा वन विभाग के अधिकारी शिवचंद बोहरा और सोनल से जिरह के दौरान हुआ.........
कभी राजस्थान में हुई थी इस फेमस मूवी की शूटिंग, देखें वायरल वीडियो
राजस्थान के बीकानेर ज़िले में स्थित लक्ष्मी निवास पैलेस अपनी भव्यता से भर जाता है.यह आलीशान और लग्ज़री होटल है, जिसकी बनावट और महीन कारीगरी काफ़ी खास है.इस पैलेस को 1904 में महाराजा गंगा सिंह के लिए बनवाया गया था.......
फिल्म करण अर्जुन 1995 में रिलीज हुई थी। रिलीज के इतने साल बाद भी फिल्म करण अर्जुन का नशा लोगों के दिलों में इस कदर छाया हुआ है कि लोग इसे भूल नहीं पाते हैं। आज हम इस फिल्म से जुड़ी कुछ दिलचस्प बातों के बारे में बात करेंगे......
पिछले कई महीनों से एक दर्जन सहित क्षेत्रीय भाषा और विदेशी फिल्मों की शूटिंग का हिस्सा रही जैसलमेर की धरती पर लाइट...एक्शन...कैमरे की आवाज नहीं गूंज रही है। एक साल में दर्जनों बॉलीवुड फिल्में......
जॉली एलएलबी की तीसरी किस्त में अक्षय कुमार और अरशद वारसी स्क्रीन शेयर करने जा रहे हैं। शूटिंग राजस्थान में चल रही थी और उन्होंने पहला शेड्यूल पूरा कर लिया है। हाल ही में, अभिनेताओं ने शूटिंग खत्म करते हुए एक मजेदार वीडियो साझा किया। कुछ ही देर में ये वायरल हो गया। दोनों को बड़ी मुस्कान के साथ बाइक चलाते देखा गया। अक्षय और अरशद ने इंस्टाग्राम पर वीडियो शेयर किया अक्षय और अरशद ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर वीडियो साझा किया और लिखा, “और यह एक शेड्यूल रैप है! जैसा कि आप देख सकते हैं कि दोनों जॉलीज़ ने राजस्थान में अच्छा समय बिताया। वीडियो में दोनों सड़क पर बाइक चला रहे हैं। अरशद की शर्ट खून से लथपथ है. हाल ही में, बड़ी संख्या में अक्षय के प्रशंसक उनकी फिल्म के सेट पर उन्हें आश्चर्यचकित करने और उनके साथ तस्वीरें लेने के लिए पहुंचे। अब सोशल मीडिया पर सामने आई तस्वीरों में, राम सेतु अभिनेता को जॉली एलएलबी 3 के सेट पर उनका स्वागत करने आए लोगों के लिए तस्वीरें लेते और ऑटोग्राफ देते देखा जा सकता है। अक्षय पहले भी वीडियो शेयर कर चुके हैं इससे पहले, जॉली एलएलबी 3 के सेट से एक बिहाइंड द सीन वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया था जिसमें अक्षय शर्टलेस बैठे नजर आ रहे थे और उन्होंने सन बाथ का भी आनंद लिया था। वीडियो को इंस्टाग्राम पर शेयर करते हुए अक्षय के फैन पेज ने लिखा, @अक्षयकुमार #JollyLLB3 के सेट पर सन बाथ ले रहे हैं...अगर आप ठीक से सुनेंगे तो बजरंग बैन चल रहा है। बता दें, अक्षय कुमार ने इस महीने की शुरुआत में जॉली एलएलबी 3 की शूटिंग शुरू की थी, जब उन्होंने सेट से एक मजेदार वीडियो भी जारी किया था। वीडियो में अक्षय के साथ अरशद वारसी भी शामिल थे और दोनों काले कपड़े पहने नजर आ रहे थे। इसकी शुरुआत अक्षय द्वारा सभी को जगदीश त्यागी उर्फ जॉली बीए एलएलबी डुप्लिकेट से सावधान रहने की चेतावनी देने से हुई। इसके बाद, अरशद को खुद को असली जॉली के रूप में पेश करते देखा गया। जॉली एलएलबी की 3 किस्त आ रही है पहली जॉली एलएलबी फिल्म, जो 2013 में रिलीज हुई थी, जिसमें अरशद वारसी और सौरभ शुक्ला मुख्य भूमिका में थे। दूसरी ओर, फिल्म का सीक्वल 2017 में सिनेमाघरों में आया जिसमें अक्षय कुमार ने अरशद वारसी की जगह ली। उनके साथ हुमा कुरेशी भी उनकी प्रेमिका के रूप में शामिल हुईं। कथित तौर पर, तीसरी किस्त में, अक्षय कुमार और अरशद वारसी आमने-सामने होंगे, जबकि सौरभ शुक्ला जज के रूप में अपनी भूमिका निभाएंगे। हालांकि, अभी तक मेकर्स ने फिल्म की कहानी को लेकर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है। View this post on Instagram A post shared by Akshay Kumar (@akshaykumar)
सलमान खान के घर फायरिंग मामला: मुंबई क्राइम ब्रांच ने पांचवें आरोपी को राजस्थान से गिरफ्तार किया
सलमान खान के घर फायरिंग मामले में ताजा घटनाक्रम में मुंबई क्राइम ब्रांच ने मंगलवार को पांचवें आरोपी मोहम्मद चौधरी को राजस्थान से गिरफ्तार कर लिया है। इंडिया टीवी के अतुल सिंह की एक रिपोर्ट के अनुसार, मोहम्मद चौधरी ने दो शूटरों, सागर पाल और विक्की गुप्ता को पैसे देकर और रेकी करके भी मदद की। क्राइम ब्रांच के मुताबिक, चौधरी को आज मुंबई लाया जा रहा है जहां उसे किला कोर्ट में पेश किया जाएगा और पांच दिन की हिरासत की मांग की जाएगी। इसे भी पढ़ें: Kareena Kapoor Khan ने Saif Ali Khan के बड़े बेटे इब्राहिम की नवीनतम तस्वीरों पर सबसे मनमोहक टिप्पणी की इससे पहले, अनुज थापन नाम के एक आरोपी ने पुलिस हिरासत में चादर से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। बता दें, अनुज पर शूटरों को हथियार मुहैया कराने का आरोप है। थापन को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इससे पहले, बांद्रा में अभिनेता के आवास के बाहर गोलीबारी करने वाले दोनों शूटर विक्की गुप्ता और सागर पाल को गुजरात के भुज से हिरासत में लिया गया था। इसे भी पढ़ें: सलमान खान के घर के बाहर गोली चलाने के मामले में लॉरेंस बिश्नोई गिरोह का सदस्य गिरफ्तार सलमान खान के घर फायरिंग मामले की जानकारी मुंबई क्राइम ब्रांच के मुताबिक, कथित तौर पर सलमान खान के घर के बाहर फायरिंग करने वाले शूटरों के पास दो बंदूकें थीं और उन्हें 10 राउंड गोलियां चलाने का आदेश दिया गया था. 14 अप्रैल की सुबह, दो व्यक्ति मोटरसाइकिल पर आए और अभिनेता के आवास गैलेक्सी अपार्टमेंट के बाहर चार गोलियां चलाईं। घटना के बाद हमलावर तेजी से मौके से भाग गए। निगरानी फुटेज से पता चला कि दोनों संदिग्धों ने टोपी पहन रखी थी और बैकपैक ले रखा था। इस महीने की शुरुआत में मुंबई क्राइम ब्रांच ने गृह मंत्रालय को पत्र लिखकर गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के भाई अनमोल के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी करने का अनुरोध किया था. अनमोल बिश्नोई ने घटना के कुछ घंटों बाद अपने फेसबुक प्रोफाइल के जरिए सलमान खान के घर पर हुई फायरिंग की जिम्मेदारी ली थी। सलमान खान की नवीनतम सार्वजनिक उपस्थिति सलमान खान हाल ही में लंदन में थे जहां उन्होंने ब्रिटेन के ब्रेंट नॉर्थ निर्वाचन क्षेत्र से सांसद बैरी गार्डिनर से मुलाकात की। इंटरनेट पर कई तस्वीरें वायरल हुईं, जिनमें बैरी और सलमान दोनों वेम्बली स्टेडियम के अंदर नजर आ रहे हैं।
अपनी बायोपिक में Shahrukh Khan को काम करते देखना चाहता है ये मशहूर विदेशी क्रिकेटर,Rajasthan Royals टीम का है हिस्सा
भारत के राष्ट्रीय प्रसारक Doordarshan ने नए लोगो का अनावरण किया, जिसका रंग लाल से नारंगी हुआ
भारत सरकार के स्वामित्व वाले सार्वजनिक टेलीविजन प्रसारक दूरदर्शन ने अपने समाचार चैनल डीडी न्यूज का लोगो लाल से बदलकर भगवा कर दिया है। यह लोगो 16 अप्रैल, 2024 को लागू हुआ, जिसने पिछले लाल वाले को बदल दिया। अपने आधिकारिक सोशल मीडिया पेजों के माध्यम से, डीडी न्यूज़ ने कहा कि उनके मूल्य वही रहेंगे और वे अब एक नए अवतार में उपलब्ध हैं। इसे भी पढ़ें: Barahi Devi Temple: बाराही देवी मंदिर में दर्शन मात्र से दूर होती है गंभीर बीमारियां, जानिए मंदिर से जुड़ी मान्यता पोस्ट में कहा गया एक ऐसी समाचार यात्रा के लिए तैयार हो जाइए जो पहले कभी नहीं देखी गई.. बिल्कुल नए डीडी न्यूज का अनुभव करें। हमारे पास यह कहने का साहस है: गति से अधिक सटीकता, दावों से अधिक तथ्य, सनसनीखेज से अधिक सत्य। क्योंकि अगर यह डीडी न्यूज पर है, तो यह सच है। दूरदर्शन का इतिहास दूरदर्शन ने 15 सितंबर, 1959 को सार्वजनिक सेवा प्रसारण में एक मामूली प्रयोग के साथ शुरुआत की। यह प्रयोग 1965 में एक सेवा बन गया जब दूरदर्शन नई दिल्ली और उसके आसपास के लिविंग रूम में टेलीविजन सेट तक पहुंच गया। 1975 तक सेवाओं को मुंबई, अमृतसर और सात अन्य शहरों तक बढ़ा दिया गया। 1 अप्रैल, 1976 को यह सूचना और प्रसारण मंत्रालय में एक अलग विभाग के अंतर्गत आ गया। 1982 में दूरदर्शन राष्ट्रीय प्रसारक बन गया। इसे भी पढ़ें: Rajasthan: पाली में बोले अमित शाह, हम भारत को दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा अर्थतंत्र बना देंगे, ये मोदी की गारंटी है 1982 में, दूरदर्शन का रंगीन संस्करण तत्कालीन प्रधान मंत्री इंदिरा गांधी के स्वतंत्रता दिवस के भाषण के सीधे प्रसारण के साथ शुरू हुआ, इसके बाद दिल्ली में 1982 के एशियाई खेलों का रंगीन प्रसारण हुआ। वर्तमान में, दूरदर्शन 6 राष्ट्रीय चैनल और 17 क्षेत्रीय चैनल संचालित करता है। राष्ट्रीय चैनलों में डीडी नेशनल, डीडी इंडिया, डीडी किसान, डीडी स्पोर्ट्स, डीडी उर्दू और डीडी भारती शामिल हैं। दूसरी ओर, डीडी अरुणप्रभा, डीडी बांग्ला, डीडी बिहार, डीडी चंदना, डीडी गिरनार, डीडी मध्य प्रदेश, डीडी मलयालम, डीडी नॉर्थ ईस्ट, डीडी ओडिया, डीडी पोधिगई, डीडी पंजाबी, डीडी राजस्थान, डीडी सह्यगिरी, डीडी सप्तगिरी, डीडी उत्तर प्रदेश, डीडी यादगिरी और डीडी काशीर इसके क्षेत्रीय चैनल हैं। While our values remain the same, we are now available in a new avatar. Get ready for a news journey like never before.. Experience the all-new DD News! We have the courage to put: Accuracy over speed Facts over claims Truth over sensationalism Because if it is on DD News, it… pic.twitter.com/YH230pGBKs — DD News (@DDNewslive) April 16, 2024
बच्चों के साथ राजस्थान की सैर पर निकलीं शिल्पा शेट्टी, वीडियो शेयर कर...
शिल्पा शेट्टी इन दिनों राजस्थान की सैर पर निकली हैं. शिल्पा के साथ उनके बच्चे भी राजस्थान के नेशनल पार्क में घूमते नजर आ रहे हैं. शिल्पा ने इसका वीडियो शेयर किया है. वीडियो में शिल्पा शेट्टी बच्चों के साथ मस्ती करती नजर आ रही हैं.

