न्यूयॉर्क में राजस्थान फाउंडेशन चैप्टर का उद्घाटन किया गया
पाली | अमेरिका के न्यू यॉर्क शहर में राजस्थान फाउंडेशन के नए चैप्टर का उद्घाटन मैनहटन स्थित होटल उत्सव में हुआ। मुख्य अतिथि सांसद शशांक मणि त्रिपाठी रहे। आधिकारिक जानकारी प्रवासी समन्वयक नवनीत राजपुरोहित ने साझा की। चैप्टर अध्यक्ष पूर्णिया वोरिया ने कहा, “अमेरिका में राजस्थानी प्रवासी उद्योग, व्यवसाय और सूचना प्रौद्योगिकी सहित कई क्षेत्रों में सक्रिय हैं।” उन्होंने बताया कि चैप्टर, फाउंडेशन आयुक्त मनीषा अरोड़ा के साथ समन्वय कर प्रवासियों को राजस्थान से जोड़ने और उनके सहयोग के लिए आगे काम करेगा। समारोह में भारत के डिप्टी काउंसल जनरल विशाल हर्ष और काउंसल जनरल (व्यापार) राजलक्ष्मी कदम भी मौजूद रहे। प्रवासी परिवारों ने हर वर्ष 10 दिसंबर को प्रवासी दिवस और प्रवासियों के लिए ‘DORA’ विभाग की पहल का स्वागत किया।
जयपुर में यमन की महिला के गले का जटिल ट्यूमर निकाला, राजस्थान में पहला मामला
उदयपुर/जयपुर | महात्मा गांधी अस्पताल के डॉक्टरों ने यमन की 64 वर्षीय सबाह ओमर मोहम्मद बा नागा के गले से कैरोटिड बॉडी ट्यूमर निकालकर नया रिकॉर्ड बनाया है। राजस्थान में ऐसी जटिल सर्जरी का यह पहला मामला है। ईएनटी विशेषज्ञ प्रोफेसर डॉ. सुरेश चंद्र शर्मा और डॉ. भीयांराम के नेतृत्व में यह ऑपरेशन हुआ। ट्यूमर गले की मुख्य धमनी को 360 डिग्री घेरे हुए था, जिससे ऑपरेशन बेहद जोखिमभरा था। यमन में इसका इलाज मुमकिन नहीं था। इंटरनेट से जानकारी मिलने पर मरीज जयपुर आई। एनेस्थीसिया टीम के डॉ. निखिल सोनी, डॉ. अवनीश भारद्वाज, डॉ. विजय माथुर और डॉ. नरेंद्र कुमार का भी सहयोग रहा। अब मरीज पूरी तरह स्वस्थ है।
नेशनल कैडेट जूडो : राजस्थान को 6 पदक, बॉयज टीम उपविजेता रही
जयपुर | चंडीगढ़ में 10 से 13 जून तक आयोजित कैडेट नेशनल जूडो चैंपियनशिप में राजस्थान के खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए एक स्वर्ण, दो रजत और तीन कांस्य पदक अपने नाम किए। बेहतरीन प्रदर्शन के दम पर राजस्थान की बॉयज टीम उपविजेता रही, जबकि महाराष्ट्र दो स्वर्ण पदकों के साथ चैंपियन बना। राजस्थान राज्य जूडो संघ के महासचिव महिपाल ग्रेवाल ने बताया कि 66 किलोग्राम वर्ग में सौरव ने दिल्ली के प्रिंस गुप्ता को हराकर स्वर्ण पदक जीता। वहीं अंकित राजोरा (55 किग्रा) और विनय आचार्य (60 किग्रा) ने रजत पदक हासिल किए। कांस्य पदक विजेताओं में अश्विन भारद्वाज (81 किग्रा), दिव्या पंवार (57 किग्रा) और अंजली चौधरी (63 किग्रा) शामिल रहीं। राजस्थान के जूडोकाओं के इस उत्कृष्ट प्रदर्शन से राज्य जूडो जगत में खुशी की लहर है। राजस्थान राज्य जूडो संघ के संरक्षक आई.के. दत्ता और अध्यक्ष हरीश चंद्र शर्मा ने सभी पदक विजेताओं को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
अमेरिका के न्यू यॉर्क शहर में राजस्थान सरकार राजस्थान फाउंडेशन के नए चैप्टर का उद्घाटन किया गया। मैनहटन के होटल उत्सव में आयोजित समारोह में बड़ी संख्या में अमेरिका में निवासरत राजस्थानी प्रवासी परिवारों ने शिरकत की। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तोर पर भारत से उत्तर प्रदेश देवरिया के सांसद शशांक मणि त्रिपाठी और राजस्थान फाउंडेशन के प्रवासी कॉर्डिनेटर नवनीत राजपुरोहित सम्मिलित हुए । चैप्टर प्रेसिडेंट पूर्णिया वोरिया ने बताया कि “अमेरिका में राजस्थानी प्रवासी बहुत अधिक संख्या में विभिन उद्योग , व्यवसाय एवं IT प्रोफेशनल इत्यादि से जुड़े हुए है। इन सभी प्रवासियों के लिए राजस्थान फाउंडेशन कमिश्नर मनीषा अरोड़ा के साथ समन्वय बनाकर आगे कार्य करेंगे । न्यूयॉर्क चैप्टर कि नव गठित कार्यकारिणी में प्रतिष्ठित उद्योगपति हरिदास कोटावाला, कैलाश रावत , कैलाश झालानी, विश्व विख्यात कार्डियोलॉजिस्ट डा.समीन शर्मा , यूरोलॉजिस्ट डा. सशी शाह , नाविक ग्रुप के फाउंडर नवीन शाह शामिल है जो भविष्य में इस चैप्टर के माध्यम से राजस्थानी प्रवासी परिवारों को राजस्थान से जोड़ने का कार्य करेंगे । कार्यक्रम में भारत के अमेरिका में डिप्टी काउंसल जनरल भारत सरकार विशाल हर्ष एवं काउंसल जनरल ( व्यापार ) राजलक्ष्मी कदम का भी आतिथ्य रहा । नवनीत राजपुरोहित ने अपने उद्बोधन में राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा का धन्यवाद देते हुए उनके द्वारा गत दो से अधिक वर्षों में किस तरह प्रवासी परिवारों के लिए विभिन योजनाओं के माध्यम से युगांतकारी कार्य किया गया है वह बताया। उन्होंने बताया कि राजस्थान सरकार ने राज्य में अब पानी , बिजली , इत्यादि सभी संसाधनों कि आवक विभिन उद्यमों के लिए सुनिश्चित कर दी है एवं राजस्थान हर व्यवसाय और इंडस्ट्री के लिए एक बेहतर विकल्प बनकर उभर रहा है । अमेरिका के सभी प्रवासी परिवारों ने हर वर्ष 10 दिसंबर को प्रवासी दिवस एवं उनके विकास और कार्य के लिए एक विशेष अतिरिक्त विभाग “DORA” बनाने पर मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया ।
ऊर्जा एवं जिला प्रभारी मंत्री हीरा लाल नागर ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश ने विकास, सुशासन और जनकल्याण के नए आयाम स्थापित किए है। पिछले 12 सालों में केंद्र सरकार की योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का प्रभावी प्रयास किया गया है। आधारभूत संरचना के विस्तार, आत्मनिर्भर भारत अभियान की सफलता और विश्व मंच पर भारत की प्रतिष्ठा ने स्वर्णिम अध्याय लिखा है। नागर रविवार को जिला परिषद सभागार टोंक में केन्द्र सरकार के '12 साल विश्वास के, विकास के जनकल्याण के' के तहत मीडिया को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने इस दौरान केन्द्र व राज्य सरकार की उपलब्धियों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि अब राजस्थान को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाएंगे। मंत्री नागर ने कहा कि यह 12 साल देश के इतिहास में 'संकल्प से सिद्धि' अंत्योदय और विकसित भारत के निर्माण के साक्षी रहे हैं। आज भारत दुनिया की बड़ी आर्थिक महाशक्ति बनकर उभरा है। देश आज रिफॉर्म, परफॉर्म और ट्रांसफॉर्म की नीति पर चल रहा है। सरकार की नीतियों के कारण देश के 25 करोड़ नागरिक बहुआयामी गरीबी के जाल से सुरक्षित बाहर निकले हैं। पीएम आवास योजना के तहत 4 करोड़ से अधिक पक्के घरों का निर्माण करवाया जा चुका है। शहरी क्षेत्र में लगभग 9 लाख करोड़ रुपए आवंटित कर करीब 1 करोड़ घर दिए गए हैं। देश के 81 करोड़ से अधिक लोगों को हर महीने मुफ्त राशन का निरंतर लाभ मिल रहा है। हर घर नल का उपहार योजना के तहत देश के 16 करोड़ घरों तक स्वच्छ पेयजल पहुँचाया गया है। देश के लगभग 9 करोड़ लाभार्थियों के पोषण स्तर की सटीक ट्रैकिंग की जा रही है। 5 लाख रुपए तक के मुफ्त इलाज की सुविधाउन्होंने कहा कि देश के 60 करोड़ नागरिकों को सालाना 5 लाख रुपए तक के मुफ्त इलाज की सुरक्षा दी जा रही है। इसके लिए देश के गांवों-कस्बों में 1.8 लाख से अधिक आयुष्मान आरोग्य मंदिरों का जाल बिछाया गया है। अब 70 वर्ष से अधिक आयु के सभी बुजुर्गों को भी आयुष्मान योजना के तहत 5 लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज प्रदान किया जा रहा है। आमजन को सस्ती दवाएं उपलब्ध कराने के लिए देशभर में 19 हजार से ज्यादा जन औषधि केंद्रों का निर्माण किया गया है। पीएम-किसान सम्मान निधि के तहत किसानों के बैंक खातों में 4.3 लाख करोड़ रुपये की सम्मान राशि बिना किसी लीकेज के ट्रांसफर की गई है, जिसमें 3 करोड़ से अधिक महिला किसान शामिल हैं। किसानों को उनकी फसल लागत से कम से कम डेढ़ गुना एमएसपी की पक्की गारंटी सुनिश्चित की गई है। देश के करीब 2 करोड़ किसान और 3 लाख व्यापारी ई-नाम पोर्टल पर पंजीकृत हुए हैं। देश में 3 करोड़ से अधिक महिलाएं लखपति दीदी बनीऊर्जा मंत्री ने कहा कि देश में 3 करोड़ से अधिक महिलाएं लखपति दीदी बनी हैं, जो ग्रामीण भारत की नई पहचान है। वर्ष 2030 तक 3 करोड़ और नई लखपति दीदी बनाने का लक्ष्य है। पीएम जनधन योजना से 32 करोड़ से अधिक महिलाओं के बैंक खाते खुले। 40 लाख करोड़ रुपये से अधिक के गारंटी-फ्री मुद्रा लोन दिए गए, जिनमें 75 प्रतिशत लाभार्थी महिलाएं हैं। 3 करोड़ से अधिक महिला नेतृत्व वाले एमएसएमई देश की प्रगति में योगदान दे रहे हैं। सेना में महिलाओं को स्थायी कमीशन दिया गया है। 1045 खेलो इंडिया सेंटर्स स्थापित किए गए हैं और 10,000 से अधिक अटल टिंकरिंग लैब्स के जरिए 1.1 करोड़ से अधिक छात्रों को ट्रेनिंग दी जा रही है। देश में 2.2 लाख से अधिक स्टार्टअप रजिस्टर्डउन्होंने कहा कि दुनिया के 56 प्रतिशत डिजिटल लेनदेन अकेले भारत में होते हैं। 51 लाख करोड़ से अधिक रुपये डीबीटी से सीधे लाभार्थियों के खातों में भेजे गए। देश में 2.2 लाख से अधिक स्टार्टअप पंजीकृत हुए हैं, जिनसे 23 लाख से ज्यादा रोजगार मिले हैं। दुनिया का सबसे ऊंचा चिनाब रेलवे ब्रिज, समुद्र पर बना अटल सेतु और राष्ट्रीय राजमार्ग नेटवर्क का 1.46 लाख किलोमीटर से अधिक विस्तार। देश में 164 ऑपरेशनल एयरपोर्ट हैं। 9 करोड़ से अधिक यात्रियों ने वंदे भारत एक्सप्रेस की यात्रा की है। 26 शहरों में 1155 किमी. मेट्रो नेटवर्क विकसित किया गया है। उन्होंने कहा कि नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता में भारत आज पूरी दुनिया में तीसरे स्थान पर है। पीएम सूर्यघर योजना से करीब 37 लाख घरों को 78 हजार रुपये तक की सोलर सब्सिडी मिली है। देश में 12 सेमीकंडक्टर प्लांट आकार ले रहे हैं और 300 से ज्यादा स्पेस स्टार्टअप शुरू हुए हैं। करीब 38,400 करोड़ का रिकॉर्ड डिफेंस एक्सपोर्ट हुआ है। ऑपरेशन ब्रह्मा, ऑपरेशन सागरबन्धु और वैक्सीन मैत्री के जरिए भारत दुनिया का भरोसेमंद साथी बना है। अयोध्या में 5 सदियों के लंबे इंतजार के बाद नव्य-भव्य-दिव्य श्री राम जन्मभूमि मंदिर का निर्माण हुआ। गुलामी की मानसिकता से मुक्ति के लिए राजपथ अब कर्तव्यपथ बन गया है। पीएमएवाई (ग्रामीण) के तहत 44.19 प्रतिशत घर एससी/एसटी समुदाय को दिए गए। 5 करोड़ आदिवासियों का जीवन बेहतर करने के लिए 79 हजार करोड़ का धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान शुरू किया गया है। राजस्थान को ऊर्जा के क्षेत्र में बनाएंगे आत्मनिर्भरनागर ने कहा कि मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान कई क्षेत्रों में प्रथम स्थान पर है। हमारा संकल्प टोंक सहित पूरे प्रदेश को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाना है। उन्होंने केंद्र और राज्य की जनकल्याणकारी योजनाओं का शत प्रतिशत लाभ टोंक के अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति तक पहुंचाने पर जोर दिया। इस दौरान देवली-उनियारा विधायक राजेन्द्र गुर्जर, निवाई-पीपलू विधायक रामसहाय वर्मा, जिलाध्यक्ष चन्द्रवीर सिंह चौहान, पूर्व प्रधान देवली बनवारी लाल जाट, पूर्व जिला परिषद सदस्य नरेश बंसल, प्रभु बाडोलिया, विष्णु शर्मा, तरुण टिक्कीवाल समैत बड़ी संख्या में जन प्रतिनिधि एवं आमजन मौजूद रहे।
हरदा में रविवार दोपहर दिल्ली से मुंबई की ओर जाने वाले रेलवे ट्रैक पर एक अज्ञात व्यक्ति का शव मिला। सूचना मिलने पर पुलिस ने शव को घटनास्थल से उठाकर जिला अस्पताल की मर्चुरी में रखवाया है। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, रविवार सुबह ग्राम उड़ा के पास डाउन ट्रैक के खंभा नंबर 672 के पास यह शव देखा गया। मृतक की उम्र 35 से 40 साल के बीच बताई जा रही है। टीआई रोशनलाल भारती ने बताया कि मृतक के पास मिले दस्तावेजों के आधार पर उसकी पहचान राधेश्याम पिता रमेश शर्मा (46) निवासी ईशापुर कतरा, भरतपुर, राजस्थान के रूप में हुई है। वह बेंगलुरु में टाइल्स लगाने का काम करता था। राधेश्याम के छोटे भाई दीनदयाल शर्मा, जो भुसावल में काम करते हैं, सहित परिजनों को घटना की सूचना दे दी गई है। परिजनों के आने के बाद सोमवार को शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, आशंका है कि मृतक ट्रेन से गिर गया था। बताया जा रहा है कि ट्रेन से गिरने के बाद वह करीब दो सौ मीटर तक घिसड़ता चला गया, जिससे रास्ते में पेड़ों की टहनियां भी टूट गईं। राधेश्याम अपने तीन भाइयों में दूसरे नंबर पर था।
राजस्थान की लोक संस्कृति एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी अलग छाप छोड़ने जा रही है। राजस्थान के प्रसिद्ध लोक कलाकार रहीस भारती और धोद बैंड को फ्रांस की राजधानी पेरिस में 18 जून को आयोजित होने वाले प्रतिष्ठित ‘बोंजूर मोदी’ (Bonjour Modi) कार्यक्रम में प्रस्तुति देने के लिए आमंत्रित किया गया है। यह कार्यक्रम भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सम्मान में आयोजित किया जा रहा है, जिसमें भारतीय संस्कृति, प्रवासी भारतीय समुदाय और भारत-फ्रांस संबंधों का उत्सव मनाया जाएगा। पेरिस के ऐतिहासिक और प्रतिष्ठित साल प्लेयल (Salle Pleyel) कॉन्सर्ट हॉल में आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में धोद बैंड राजस्थान की लोक कला, संगीत और नृत्य की रंगारंग प्रस्तुति देगा। खास बात यह है कि बैंड का चयन भारतीय दूतावास, पेरिस द्वारा आधिकारिक रूप से किया गया है, जिसे राजस्थान और भारतीय लोक संस्कृति के लिए एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। ‘बोंजूर मोदी’ कार्यक्रम में धोद बैंड का बहुरंगी कलाकार दल भारतीय लोक संस्कृति की विविध परंपराओं को मंच पर जीवंत करेगा। प्रस्तुति का नेतृत्व रहीस भारती (तबला वादक) करेंगे। उनके साथ मोइनुद्दीन खान (गायन एवं हारमोनियम), सुशीला (राजस्थानी लोक नृत्य), जापान की कलाकार कोको आयुमी (राजस्थानी नृत्य), बाबू खान (लोक गायन), अफरीदी भारती (तबला), अब्दुल सत्तार खान एवं सिकंदर मिरासी (ट्रॉम्बोन), अयूब (ट्रम्पेट), मोहम्मद रमजान (डुगा), जाकिर (टैम्बोर), तनवर लाल (अल्फोनियम), इमरान लंगा (करताल एवं गायन) और इकबाल खान (ढोलक) अपनी प्रस्तुति देंगे। यूरोप टूर पर है धोद बैंड इन दिनों रहीस भारती एवं धोद बैंड अपने यूरोप टूर-2026 पर हैं। इस दौरान फ्रांस सहित कई यूरोपीय देशों के प्रतिष्ठित सांस्कृतिक समारोहों और संगीत महोत्सवों में वे भारत का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। बैंड में राजस्थान के दूर-दराज गांवों से जुड़े करीब 20 लोक कलाकार शामिल हैं, जो लोक संगीत और नृत्य के माध्यम से विदेशी दर्शकों को भारतीय संस्कृति से रूबरू करा रहे हैं। पिछले 26 वर्षों से अंतरराष्ट्रीय मंचों पर सक्रिय रहीस भारती और उनका धोद बैंड दुनिया के 119 से अधिक देशों में प्रस्तुति देकर भारतीय लोक संस्कृति का परचम लहरा चुका है। राजस्थान की मिट्टी से निकला यह दल आज वैश्विक स्तर पर भारतीय सांस्कृतिक पहचान का मजबूत प्रतिनिधि बन चुका है। रहीस भारती हर वर्ष लगभग छह से सात महीने विदेशों में रहकर भारत और राजस्थान की सांस्कृतिक विरासत का प्रचार-प्रसार करते हैं। उनके प्रयासों से अब तक 700 से अधिक लोक कलाकारों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिल चुका है। लोक परंपराओं को मिली वैश्विक पहचान धोद बैंड के माध्यम से राजस्थान की कई पारंपरिक लोक कलाओं और समुदायों को विश्व स्तर पर पहचान मिली है। इनमें लंगा, मांगणियार, कालबेलिया, ढाढ़ी, दमामी, राणा समुदाय के कलाकारों के साथ-साथ पारंपरिक ब्रास बैंड कलाकार भी शामिल हैं। रहीस भारती का मानना है कि लोक कला केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि भारत की सांस्कृतिक आत्मा है। यही कारण है कि वे वर्षों से इन परंपराओं को विश्व मंच तक पहुंचाने के लिए लगातार कार्य कर रहे हैं। अंतरराष्ट्रीय आयोजनों में भारत का प्रतिनिधित्व धोद बैंड इससे पहले भी कई प्रतिष्ठित वैश्विक आयोजनों में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुका है। इनमें ब्रिटेन में महारानी एलिज़ाबेथ द्वितीय के डायमंड जुबिली समारोह, सिंगापुर फॉर्मूला-1 ग्रां प्री और अनेक अंतरराष्ट्रीय सांस्कृतिक एवं राजकीय आयोजन शामिल हैं। यह दल लोक संगीत, नृत्य और पारंपरिक वाद्य यंत्रों के माध्यम से भारतीय संस्कृति की विविधता और ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ की भावना को विश्व के सामने प्रस्तुत करेगा। प्रधानमंत्री के सम्मान में प्रस्तुति देना गर्व की बात : रहीस भारती रहीस भारती ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सम्मान में आयोजित इस विशेष कार्यक्रम में प्रस्तुति देना उनके लिए अत्यंत गौरव और सम्मान की बात है। उन्होंने कहा कि यह अवसर केवल धोद बैंड का नहीं, बल्कि राजस्थान की लोक संस्कृति, लोक कलाकारों और भारत की सांस्कृतिक विरासत का सम्मान है। हम विश्व मंच पर राजस्थान की आत्मा और भारत की सांस्कृतिक पहचान को प्रस्तुत करने जा रहे हैं। ‘बोंजूर मोदी’ कार्यक्रम के बाद धोद बैंड को पुर्तगाल, फ्रांस, जर्मनी, स्विटजरलैंड, इटली और स्पेन में आयोजित होने वाले प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय संगीत और सांस्कृतिक समारोहों में प्रस्तुति देने के लिए आमंत्रित किया गया है।
देश के 8 राज्यों में प्री मानसून एक्टिव है। राजस्थान समेत 9 राज्यों में बारिश हो रही है। मध्य प्रदेश में शनिवार शाम भोपाल समेत 4 जिलों में बारिश हुई। इटारसी में आंधी के बाद एंबुलेंस पर पेड़ गिर गया। कई जगहों पर बिजली के तार, पेड़ टूट कर गिरे। मेले का मेन गेट उखड़ गया। यूपी में आंधी-बारिश के दौरान हुए हादसों में 5 लोगों की मौत हो गई। उन्नाव और गाजीपुर में बिजली गिरने से दो लोगों की जान चली गई। वहीं कासगंज में आंधी में मकान की छत गिरने से पति-पत्नी और बेटी की मौत हो गई। प्रतापगढ़ मेडिकल कॉलेज में पानी भर गया। राजस्थान में जयपुर सहित कई जिलों में शनिवार को बारिश हुई। चूरू जिले में आंधी-बारिश के चलते एक मकान की दीवार गिर गई। इसमें परिवार के 4 सदस्य मलबे दब गए। ग्रामीणों ने तुरंत राहत कार्य शुरू किया और मलबे में दबे लोगों को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया। मानसून की झारखंड और ओडिशा के कुछ हिस्सों में एंट्री हो गई।। अगले 3 दिन में मानसून के छत्तीसगढ़ और उत्तर प्रदेश पहुंचने की संभावना है। 4 जून को केरलम में दस्तक देने के बाद मानसून 9 दिन में 19 राज्यों तक पहुंच चुका है। मैप में देखिए, कहां तक पहुंचा मानसून राज्यों से मौसम की तस्वीरें… 8 राज्यों में गर्मी का असर, पारा 40C पार राजस्थान, गुजरात, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, ओडिशा, झारखंड, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के कई शहरों में शुक्रवार को पारा 40C से ज्यादा रहा। देश में सबसे ज्यादा पारा महाराष्ट्र के यवतमाल में दर्ज किया गया। यहां पारा 42.4C रहा। वहीं छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव में 42C, गुजरात के भावनगर में 41.9C, राजस्थान के जैसलमेर में 40.8C दर्ज किया गया। 19 जून तक इन राज्यों में बारिश के आसार मौसम विभाग के मुताबिक वेस्टर्न डिस्टर्बेंस एक्टिव होने से 19 जून तक उत्तर-पश्चिम भारत के कई हिस्सों में बारिश होती रहेगी।
राजस्थान जनगणना डायरेक्टर बिष्णु चरण मल्लिक आज उदयपुर जिले के दौरे पर आए। वे गोगुंदा ब्लॉक में आज जनगणना में काम करने वाली टीम के बीच रहे। उन्होंने इस ब्लॉक में जनगणना का पहला चरण तय समय से पहले पूरा होने पर खुशी जताई। टीम से कहा कि अब सेकंड फेज में अच्छी मेहनत करें। जनगणना-2027 के प्रथम चरण के कार्यों की समीक्षा को लेकर शनिवार को गोगुंदा तहसील कार्यालय में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में मल्लिक ने फील्ड ट्रेनर, सुपरवाइजर एवं प्रगणकों के साथ कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता के साथ जनगणना कार्य संपादित करने के निर्देश दिए। बैठक को संबोधित करते हुए निदेशक ने कहा कि जनगणना-2027 देश की सबसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक प्रक्रियाओं में से एक है, जिसके माध्यम से जनसंख्या, आवास और सामाजिक-आर्थिक आंकड़ों का संकलन किया जाएगा। जनगणना के आंकड़े भविष्य की योजनाओं और नीतियों का आधार बनते हैं, इसलिए प्रत्येक कार्मिक को पूरी जिम्मेदारी और ईमानदारी से अपना दायित्व निभाना चाहिए। समीक्षा के दौरान फील्ड स्तर पर आने वाली समस्याओं और चुनौतियों पर विस्तृत चर्चा की गई। निदेशक ने कार्मिकों से संवाद कर उनके अनुभव जाने तथा समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक सुझाव दिए। उन्होंने कहा- प्रत्येक प्रगणक और सुपरवाइजर की भूमिका जनगणना की सफलता में अहम है। गोगुंदा चार्ज द्वारा प्रथम चरण का कार्य निर्धारित समय से पहले पूरा किए जाने पर निदेशक ने सभी कार्मिकों को बधाई देते हुए उनके कार्य की सराहना की। उन्होंने आगामी द्वितीय चरण की तैयारियां अभी से शुरू करने तथा निर्धारित समय सीमा में सभी कार्य पूर्ण करने के निर्देश भी दिए। कार्यक्रम की शुरुआत में उपखंड अधिकारी शुभम भैंसारे ने मेवाड़ी परंपरा के अनुसार निदेशक मेवाड़ी पगड़ी पहनाकर एवं महाराणा प्रताप की प्रतिमा भेंट कर स्वागत किया। इस अवसर पर तहसीलदार एवं गोगुंदा चार्ज प्रभारी प्रवीण कुमार सैनी ने क्षेत्र में चल रहे जनगणना कार्यों की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की। वहीं, उपखंड अधिकारी शुभम भैंसारे ने गोगुंदा क्षेत्र की दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियों और जनगणना कार्य के दौरान आने वाली चुनौतियों से अवगत कराया। बैठक में उप जिला जनगणना अधिकारी पुनीत शर्मा, मास्टर ट्रेनर पुलकेश शर्मा, तकनीकी ट्रेनर राहुल भारद्वाज, तहसीलदार गणेशलाल विजयवर्गीय, जनगणना प्रभारी ललित पटेल सहित बड़ी संख्या में फील्ड ट्रेनर, सुपरवाइजर, प्रगणक एवं जनगणना कार्य से जुड़े कार्मिक उपस्थित रहे। इनपुट : गोपाल लोढ़ा, गोगुंदा
असम में जोरहाट के रौरिया इंडियन एयरबेस पर शनिवार सुबह 10 बजे लैंडिंग के दौरान वायुसेना का विमान क्रैश हो गया। हादसे में राजस्थान के डीडवाना-कुचामन जिले के पांचोता गांव के अग्निवीर वायु सैनिक खेमाराम कुमावत (22) शहीद हो गए। हादसे में कुमावत के अलावा पायलट समेत 5 जवानों की मौत हो गई। इनमें स्क्वाड्रन लीडर प्रशांत सिंह, फ्लाइट लेफ्टिनेंट शुभम कुमार, सार्जेंट जितेंद्र शर्मा, अग्निवीरवायु खेमाराम कुमावत और अग्निवीरवायु दानिश आलम शामिल हैं। एक को-पायलट घायल हो गया है। इधर, खेमाराम की शहादत की जानकारी मिलते ही पांचोता सहित पूरे इलाके में मातम पसर गया। परिजन लगातार वायु सेना के अफसरों के संपर्क में हैं। ममेरे भाई महेश कुमावत ने बताया कि खेमाराम का अग्निवीर कार्यकाल जल्द ही पूरा होने वाला था। परिवार में उनकी शादी को लेकर बातचीत चल रही थी। शहीद खेमाराम कुमावत किसान परिवार से थे। उनके परिवार में बुजुर्ग माता-पिता, दो बड़े भाई और एक छोटी बहन है। ग्राफिक में समझिए पूरा हादसा
अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ (एकीकृत) की प्रदेशव्यापी कर्मचारी जागृति यात्रा का प्रतापगढ़ में स्वागत किया गया। यह यात्रा का पांचवां दिन था, जिसमें कर्मचारियों की एकजुटता देखने को मिली। प्रतापगढ़ के पेंशनर भवन पहुंची यात्रा झालावाड़, भीलवाड़ा और चित्तौड़गढ़ से होते हुए यह यात्रा प्रतापगढ़ के पेंशनर भवन पहुंची। यहां जिलेभर से आए कर्मचारियों ने इसका स्वागत किया और सरकार के समक्ष अपनी लंबित मांगों को लेकर आवाज बुलंद की। 25 सूत्रीय मांग रखीं बैठक में 25 सूत्रीय मांगों को प्रमुखता से उठाया गया। इनमें आरजीएचएस के निजीकरण पर रोक, सरेंडर लीव का भुगतान, 8, 16, 24 और 32 वर्ष पर चयनित वेतनमान, संविदा कर्मियों का नियमितीकरण, मंत्रालय कर्मचारियों की द्वितीय पदोन्नति, होमगार्ड को 12 माह रोजगार तथा आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को सेवानिवृत्ति पर 3 लाख रुपये ग्रेच्युटी शामिल हैं। महासंघ के प्रदेशाध्यक्ष गजेन्द्र सिंह राठौड़ ने कहा कि कर्मचारियों की वर्षों पुरानी मांगों की अनदेखी अब स्वीकार नहीं होगी। जिला अध्यक्ष सत्यनारायण भट्ट ने चेतावनी दी कि यदि मांगें पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। कार्यक्रम का संचालन अमर सिंह चौहान ने किया।
सीएम भजनलाल शर्मा ने आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 12 साल के कार्यकाल की उपलब्धियां गिनाई। सीएम ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 12 साल के कार्यकाल में राजस्थान में भी प्रति व्यक्ति आय बढ़ी हैं। पहले राजस्थान के प्रति व्यक्ति आय 69 हजार थी। आज 2 लाख 5 हजार रुपए हैं। साल 2014 से पहले राजस्थान में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत प्रदेश में 53 हजार किमी सड़क बनी थी। आज यह आंकड़ा 86 हजार किलोमीटर पार कर चुका है। पहले सामाजिक सुरक्षा का लाभ 57 लाख लोगों को मिल रहा था। आज लाभार्थियों की संख्या 90 लाख पहुंच गई है। उन्होंने कहा कि हमने वादा किया था कि हम किसानों को 2027 में दिन में बिजली देंगे। लेकिन हम अभी 26 जिलों में किसानों को दिन में बिजली दे रहे हैं।
राजस्थान की उपमुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री दीया कुमारी द्वारा ‘Economic Overview of Rajasthan’ पुस्तक का लोकार्पण किया गया। इस अवसर पर पुस्तक के लेखक श्रीकृष्ण शर्मा तथा अरिहंत पब्लिशर्स एंड डिस्ट्रीब्यूटर्स के प्रतिनिधि नमन जैन एवं पुलकित जैन उपस्थित रहे। यह पुस्तक विशेष रूप से इंग्लिश मीडियम स्टूडेंट्स के लिए तैयार की गई है। RPSC के नए परीक्षा पैटर्न एवं सिलेबस को ध्यान में रखते हुए विकसित की गई है। पुस्तक में राजस्थान की अर्थव्यवस्था से संबंधित नवीनतम डेटा, बजट, वित्त, योजनाएं, आर्थिक सर्वेक्षण एवं विभिन्न आर्थिक क्षेत्रों का सरल एवं परीक्षा-उपयोगी प्रस्तुतीकरण किया गया है। यह पुस्तक RAS, RPSC 1st एवं 2nd Grade, REET, SI, Patwar, EO/RO, Junior Accountant एवं अन्य राज्य स्तरीय प्रतियोगी परीक्षाओं के अभ्यर्थियों के लिए उपयोगी संदर्भ पुस्तक सिद्ध होगी। इस अवसर पर प्रकाशक ने बताया कि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण एवं अद्यतन अध्ययन सामग्री उपलब्ध कराना उनका उद्देश्य है तथा यह पुस्तक उसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
उत्तर बस्तर कांकेर पुलिस ने ऑनलाइन धोखाधड़ी के एक मामले का खुलासा करते हुए राजस्थान निवासी एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने धोखाधड़ी कर एक व्यक्ति के बैंक खाते से 1 लाख रुपये अपने खाते में ट्रांसफर कर लिए थे। पुलिस ने उसके कब्जे से घटना में इस्तेमाल मोबाइल फोन और सिम कार्ड भी बरामद किया है। पुलिस के अनुसार, प्रार्थी शिवेन्द्र मिश्रा (37), निवासी सहपुर जिला रीवा (मध्यप्रदेश), वर्तमान में सीएएफ कैंप एडगुड, कांकेर में पदस्थ हैं। उन्होंने थाना लोहत्तर में शिकायत दर्ज कराई थी कि 29 दिसंबर 2025 को एक अज्ञात व्यक्ति ने धोखाधड़ी कर उनके बैंक खाते से 1 लाख रुपये ट्रांसफर कर लिए। साइबर सेल की जांच से मिला सुराग घटना के बाद प्रार्थी ने संबंधित मोबाइल नंबर पर संपर्क कर राशि वापस करने का प्रयास किया, लेकिन आरोपी ने सबूत मिटाने के उद्देश्य से इस्तेमाल किया गया सिम कार्ड तोड़कर फेंक दिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना लोहत्तर में अपराध क्रमांक 01/2026 दर्ज कर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 318 के तहत जांच शुरू की गई। साइबर सेल और थाना लोहत्तर पुलिस की संयुक्त टीम ने तकनीकी विश्लेषण और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर आरोपी तक पहुंच बनाई। जांच के दौरान आरोपी की पहचान राजस्थान के पाली जिले के निवासी सुनील जयपाल के रूप में हुई। पूछताछ में कबूला अपराध पुलिस हिरासत में पूछताछ के दौरान आरोपी ने बैंक खाते से रकम ट्रांसफर करने की बात स्वीकार कर ली। इसके बाद पुलिस ने उसके कब्जे से घटना में प्रयुक्त एक ओप्पो मोबाइल फोन और जियो सिम कार्ड बरामद कर जब्त कर लिया। आईटी एक्ट की धाराएं भी जोड़ी गईं विवेचना के दौरान आरोपी के खिलाफ सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 66(D) तथा भारतीय न्याय संहिता की धारा 238 भी जोड़ी गई। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद पुलिस ने 11 जून 2026 को आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। राजस्थान का रहने वाला है आरोपी गिरफ्तार आरोपी की पहचान सुनील जयपाल (23), पिता लूम्बा राम जयपाल,ढाबर कला, थाना रोहत, जिला पाली (राजस्थान) के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। अधिकारियों ने लोगों से ऑनलाइन लेनदेन के दौरान सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध कॉल, लिंक या बैंकिंग जानकारी साझा करने से बचने की अपील की है।
नीट पेपरलीक मामले के बाद अब कांग्रेस ने इसके खिलाफ देशव्यापी आंदोलन शुरू करने की घोषणा की है। इसकी शुरुआत 17 जून से कोटा से की जाएगी। राहुल गांधी 17 जून को कोटा में स्टूडेंट सम्मेलन करेंगे। इस सम्मेलन में पेपरलीक और युवाओं से जुड़े मुद्दों पर राहुल गांधी स्टूडेंट्स से बात करेंगे। कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल ने देशव्यापी आंदोलन की घोषणा की है। वेणुगोपाल ने कहा- राहुल गांधी देश के छात्रों और युवाओं के लिए लगातार आवाज उठाने में एक विश्वसनीय आवाज बनकर उभरे हैं। कोटा के बाद 10 जुलाई को प्रयागराज, 11 जुलाई को पटना और 14 जुलाई को दिल्ली में स्टूडेंट सम्मेलन होंगे। पेपरलीक से प्रभावित सभी पक्षों को सम्मेलनों में बुलाया जाएगा वेणुगोपाल ने कहा- स्टूडेंट सम्मेलनों में प्रतियोगी परीक्षाओं के अभ्यर्थियों, युवा संगठनों, शिक्षकों और पेपरलीक घोटालों से सीधे प्रभावित सभी लोगों को एक साथ लाया जाएगा। यह अभियान उन लाखों युवा भारतीयों की समस्याओं को सामने लाएगा जिनका भविष्य पेपर लीक, परीक्षा की बढ़ती लागत और एक निष्पक्ष पारदर्शी भर्ती प्रणाली नहीं होने से प्रभावित हो रहा है। युवा अपने अनुभव साझा करेंगे वेणुगोपाल ने कहा कि इन सम्मेलनों में पेपरलीक और भर्ती घोटालों से प्रभावित युवाओं को अपने अनुभव साझा करने का मंच मिलेगा। बार-बार होने वाली परीक्षा विफलताओं व पेपर लीक घोटालों के लिए जवाबदेही तय करने की मांग करने का भी अवसर होगा। वेणुगापाल ने कहा- इस देशव्यापी अभियान के तहत देश भर में एनएसयूआई, यूथ कांग्रेस के साथ सभी प्रदेश कांग्रेस कमेटियों और जिला कांग्रेस कमेटियां छात्रों को लामबंद करेंगी। छात्रों और शिक्षकों से कॉन्टैक्ट करके पेपरलीक के खिलाफ लामंबद होकर सुधार पर जोर दिया जाएगा। राजस्थान से अभियान शुरू करने के क्या मायने हैं? कांग्रेस राजस्थान के कोटा से पेपरलीक के खिलाफ देशव्यापी अभियान शुरू कर रही है, इसके सियासी मायने होने के साथ एक दूसरा पहलू भी है। कोटा की पहचान देश भर में कोचिंग हब के रूप में है। कोटा में देश भर के स्टूडेंट नीट और जेईई की कोचिंग करने के लिए आते हैं। एक जगह उत्तर भारत के ज्यादातर राज्यों के स्टूडेंट मिलेंगे जो नीट पेपरलीक से प्रभावित रहे हैं। भारत जोड़ो यात्रा के दौरान भी कोटा में स्टूडेंट से मिले थे भारत जोड़ो यात्रा के दौरान राहुल गांधी ने कोटा के कोचिंग स्टूडेंट से बात की थी। दिसंबर 2022 में यात्रा जब कोटा शहर से गुजरी थी, तब राहुल गांधी यात्रा के बीच ही कुछ समय निकालकर कोचिंग स्टूडेंट से मिले थे। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा- देशभर के स्टूडेंट्स को जोड़ा जाएगा …. राजस्थान में राहुल गांधी… ये खबर भी पढ़िए राहुल गांधी बोले- डोटासरा-जूली की जोड़ी जय-वीरू जैसी:जो जिलाध्यक्ष कांग्रेस के साथ मजबूती से खड़ा रहेगा, उसे भविष्य में अच्छी पोस्ट मिलेगी कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा और नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली के लिए कहा- इन दोनों की जोड़ी जय-वीरू जैसी है। यह लंबी चलेगी और कांग्रेस को मजबूत रखेगी। पूरी खबर पढ़िए
राजस्थान के 2 तेज गेंदबाज अशोक शर्मा और गणेश सुथार अब राजस्थान की ओर से क्रिकेट नहीं खेलेंगे। दोनों खिलाड़ियों ने राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन (आरसीए) से नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (एनओसी) ले ली है। अशोक शर्मा गुजरात और गणेश सुथार हरियाणा की टीम से अपना क्रिकेट करियर आगे बढ़ाएंगे। दोनों खिलाड़ियों का जाना राजस्थान क्रिकेट के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है, क्योंकि पिछले कुछ सालों में दोनों गेंदबाजों ने घरेलू क्रिकेट में अपनी तेज गेंदबाजी से अलग पहचान बनाई थी। खासकर अशोक शर्मा ने पिछले सीजन में अपने प्रदर्शन से चयनकर्ताओं (सिलेक्टरों) और क्रिकेट विशेषज्ञों का ध्यान खींचा था, जबकि गणेश सुथार भी लगातार अपनी रफ्तार और प्रतिभा के दम पर चर्चा में रहे हैं। अशोक शर्मा आईपीएल (IPL) में गुजरात टाइटंस की ओर से खेल चुके हैं। इस सीजन में उन्होंने 154 किमी/घंटे की रफ्तार से गेंदबाजी की थी। खिलाड़ियों को नहीं रोकेंगे आरसीए एडहॉक कमेटी के सदस्य अरिष्ट सिंघवी ने दोनों खिलाड़ियों के राजस्थान छोड़ने की पुष्टि की। उन्होंने कहा- अशोक शर्मा और गणेश सुथार आज जिस मुकाम पर पहुंचे हैं, उसमें राजस्थान क्रिकेट की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। आईपीएल तक का सफर हो या राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाना, दोनों खिलाड़ियों ने राजस्थान में रहकर ही अपनी प्रतिभा को निखारा है। अगर उन्हें लगता है कि किसी दूसरे राज्य में उनके लिए बेहतर अवसर मौजूद हैं, तो हम उनके निर्णय का सम्मान करते हैं और उन्हें शुभकामनाएं देते हैं। सिंघवी ने स्पष्ट किया कि राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन किसी भी खिलाड़ी के करियर की राह में बाधा नहीं बनना चाहती। सिर्फ अशोक और गणेश ही नहीं, बल्कि राजस्थान से खेलने वाले किसी भी खिलाड़ी को अगर कहीं बेहतर मौका मिलता है और उसे लगता है कि वहां वह अपने करियर को नई ऊंचाइयों तक ले जा सकता है, तो हम उसे रोकने के पक्ष में नहीं हैं। खिलाड़ियों से की गई थी बातचीत अरिष्ट सिंघवी ने बताया- एडहॉक कमेटी के संयोजक और सभी सदस्यों ने दोनों खिलाड़ियों से व्यक्तिगत रूप से बातचीत की थी। इस दौरान यह जानने की कोशिश की गई कि कहीं राजस्थान क्रिकेट व्यवस्था से उन्हें कोई शिकायत तो नहीं है, लेकिन उन्होंने राजस्थान क्रिकेट को लेकर किसी तरह की नाराजगी या शिकायत नहीं जताई। उनका मानना था कि दूसरे राज्यों में उन्हें अपने करियर के लिए अधिक अवसर मिल सकते हैं। इसी वजह से उन्होंने यह फैसला लिया है। सिंघवी ने कहा कि एक तेज गेंदबाज का करियर काफी चुनौतीपूर्ण होता है। मुझे लगता है कि किसी भी फास्ट बॉलर का पीक टाइम चार से पांच साल का होता है। ऐसे में अगर खिलाड़ी को अपने भविष्य के लिए बेहतर विकल्प दिखाई देते हैं, तो वह अपने करियर को ध्यान में रखते हुए फैसला लेता है। हम उनके इस निर्णय का समर्थन करते हैं। राजस्थान टीम पर नहीं पड़ेगा ज्यादा असर आरसीए एडहॉक कमेटी के सदस्य सुशील जैन ने कहा- अशोक शर्मा और गणेश सुथार दोनों प्रतिभाशाली गेंदबाज हैं, लेकिन उनके जाने से राजस्थान क्रिकेट की ताकत कम नहीं होगी। दोनों अच्छे तेज गेंदबाज हैं, लेकिन राजस्थान के पास प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। हमारे पास अनिकेत चौधरी और आकाश सिंह जैसे अनुभवी गेंदबाज हैं, जो किसी भी टीम को चुनौती देने की क्षमता रखते हैं। जैन ने कहा कि इस बदलाव का एक सकारात्मक पक्ष भी है कि इससे नए खिलाड़ियों के लिए मौके पैदा होंगे। चेतन शर्मा, दीपेंद्र और कई अन्य युवा खिलाड़ी राष्ट्रीय स्तर के टूर्नामेंट खेल चुके हैं। उनके पास अपनी प्रतिभा दिखाने का अच्छा मौका होगा। राजस्थान की बेंच स्ट्रेंथ काफी मजबूत है और टीम भविष्य में भी प्रतिस्पर्धी बनी रहेगी। गुजरात में ज्यादा अवसर दिखे तेज गेंदबाज अशोक शर्मा ने कहा- राजस्थान क्रिकेट से उन्हें किसी प्रकार की परेशानी नहीं थी, लेकिन करियर को आगे बढ़ाने के लिए उन्होंने गुजरात का रुख करने का निर्णय लिया। मैं राजस्थान में पूरी तरह संतुष्ट था और यहां मुझे किसी प्रकार की कोई समस्या नहीं थी। मुझे लगा कि गुजरात में मेरे लिए अधिक अवसर मौजूद हैं। इसी वजह से मैंने वहां से खेलने का फैसला किया है। पिछले साल भी गुजरात मैनेजमेंट ने मुझसे बात की थी, लेकिन तब मैं फैसला नहीं कर पाया। इस बार गुजरात क्रिकेट एसोसिएशन के अनिल पटेल से बातचीत हुई। मुझे लगा कि वहां मेरे लिए ज्यादा मौके हैं, इसलिए मैंने यह कदम उठाया। हरियाणा से नई शुरुआत करेंगे तेज गेंदबाज गणेश सुथार ने भी राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन से एनओसी लेने की पुष्टि की है। उन्होंने कहा- अब अपने क्रिकेट करियर की आगे की ग्रोथ और नए अवसरों के लिए मैं हरियाणा की ओर से खेलूंगा। आईपीएल और सीएसके कैंप से बनाई पहचान अशोक शर्मा और गणेश सुथार दोनों राजस्थान क्रिकेट के उभरते हुए तेज गेंदबाजों में शामिल रहे हैं। अशोक शर्मा ने पिछले घरेलू सत्र में अपनी गेंदबाजी से शानदार प्रदर्शन किया था। उनके प्रदर्शन से प्रभावित होकर उन्हें आईपीएल में गुजरात फ्रेंचाइजी ने मौका दिया था। गणेश सुथार को भी बड़ी पहचान तब मिली जब वह चेन्नई सुपर किंग्स के नेट गेंदबाज बने। सीएसके के कैंप में उनकी गेंदबाजी से कई सीनियर खिलाड़ी प्रभावित हुए थे। इसके बाद से उन्हें भविष्य के प्रतिभाशाली तेज गेंदबाजों में गिना जाने लगा। राजस्थान क्रिकेट के लिए नई चुनौती अशोक शर्मा और गणेश सुथार का दूसरे राज्यों की ओर रुख करना राजस्थान क्रिकेट के लिए एक बड़ा बदलाव है। हालांकि आरसीए का मानना है कि राज्य में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है और नए खिलाड़ी इस अवसर का लाभ उठाकर अपनी पहचान बनाएंगे। अब सभी की निगाहें इस बात पर रहेंगी कि गुजरात और हरियाणा की नई टीमों में ये दोनों तेज गेंदबाज किस तरह का प्रदर्शन करते हैं और अपने करियर को किस ऊंचाई तक ले जाते हैं। वहीं राजस्थान क्रिकेट भी नए चेहरों के साथ अपनी तेज गेंदबाजी को और मजबूत करने की तैयारी में जुट गया है।
हरियाणा में नेशनल हाईवे-152D को देश के सबसे आधुनिक मार्गों में गिना जाता है, लेकिन पिछले चार वर्षों में इस हाईवे पर हुए लगातार हादसों ने इसे लोगों के लिए डेथ रोड बना दिया है। विशेष रूप से राजस्थान से हिमाचल प्रदेश, पंजाब, चंडीगढ़ और जम्मू-कश्मीर जाने वाले यात्रियों के लिए यह मार्ग सबसे सुगम माना जाता है, लेकिन इसी कारण यहां वाहनों का दबाव भी काफी अधिक रहता है। बीते दिनों महेंद्रगढ़ जिले के बूचावास के पास एक निजी बस खड़े ट्रक से टकरा गई। इस हादसे में राजस्थान के दो यात्रियों की मौत हो गई, जबकि 16 अन्य घायल हो गए। इससे पहले भी इसी स्थान के आसपास चार माह पूर्व हुए हादसे में राजस्थान के तीन लोगों की जान चली गई थी। बेतरतीब करते ट्रकों को खड़ा स्थानीय लोगों का कहना है कि हाईवे पर ट्रकों की संख्या काफी अधिक रहती है। कई बार चालक अपने वाहन सड़क किनारे सुरक्षित स्थान पर खड़ा करने के बजाय लेन के आसपास या आपातकालीन लेन में खड़ा कर देते हैं, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है। कार को लग चुकी आग पिछले कुछ वर्षों में इस हाईवे पर कई बड़े हादसे सामने आ चुके हैं। दिसंबर 2025 में नारनौल के टोल प्लाजा के पास एक कैंटर और कार की टक्कर के बाद लगी आग में तीन लोगों की मौत हो गई थी। इसी महीने चरखी दादरी क्षेत्र में ट्रेलरों की भिड़ंत के बाद लगी आग में दो लोगों की जान चली गई थी। रोहतक में भी हुए हादसे अक्टूबर 2025 में रोहतक फ्लाईओवर पर खड़े ट्रक से टकराने पर कार सवार तीन लोगों की मौत हो गई थी। वहीं दिसंबर 2025 में घने कोहरे के कारण रोहतक के पास 30 से 35 वाहन आपस में टकरा गए थे, जिसमें दो लोगों की मौत और करीब 25 लोग घायल हुए थे। इसके अलावा मार्च 2023 में जींद के पास एक कार में आग लगने से गर्भवती महिला की मौत हो गई थी, जबकि अप्रैल 2026 में कुरुक्षेत्र के निकट तेज रफ्तार कार की टक्कर से दो लोगों की जान चली गई थी। प्रशासन के लिए चिंता लगातार सामने आ रहे हादसों के बाद अब सड़क सुरक्षा विशेषज्ञों और स्थानीय लोगों का मानना है कि हाईवे पर खड़े वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई, बेहतर निगरानी व्यवस्था और यातायात नियमों का कड़ाई से पालन ही दुर्घटनाओं पर अंकुश लगा सकता है। NH-152D पर बढ़ते हादसे अब प्रशासन के लिए भी गंभीर चिंता का विषय बन चुके हैं।
वैभव सूर्यवंशी का 10 साल का छोटा भाई आशीर्वाद भी नहीं निकला कम, 20 चौके लगाकर जड़ा अपना पहला शतक
भारतीय क्रिकेट के नए स्टार वैभव सूर्यवंशी के बाद अब उनके छोटे भाई आशीर्वाद सूर्यवंशी भी सुर्खियों में आ गए हैं। महज 10 साल की उम्र में आशीर्वाद ने एक स्थानीय प्रैक्टिस मैच में धमाकेदार शतक जड़कर सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा है। महज 15 साल के वैभव सूर्यवंशी इस समय भारतीय ही नहीं बल्कि विश्व क्रिकेट में भी अपनी धमाकेदार बल्लेबाजी के कारण चर्चा का विषय बने हुए हैं। आईपीएल 2026 में राजस्थान रॉयल्स के लिए शानदार प्रदर्शन करने वाले वैभव ने 776 रन बनाकर ऑरेंज कैप अपने नाम की थी। पूरे सीजन में 237 से ज्यादा के स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी करते हुए उन्होंने क्रिकेट जगत को प्रभावित किया और इसके बाद उन्हें आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज के लिए भारतीय टीम में भी जगह मिली। लेकिन अब ऐसा लग रहा है कि सूर्यवंशी परिवार में सिर्फ वैभव ही नहीं, बल्कि उनका छोटा भाई भी क्रिकेट में बड़ा नाम बनाने की तैयारी कर रहा है। वैभव के 10 वर्षीय छोटे भाई आशीर्वाद सूर्यवंशी ने भी अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी से सबका ध्यान खींच लिया है। दरअसल, समस्तीपुर में खेले गए एक स्थानीय प्रैक्टिस मैच में क्रिकेट अकादमी ताजपुर की ओर से खेलते हुए आशीर्वाद ने 87 गेंदों में 103 रन की शानदार शतकीय पारी खेली। इस दौरान उन्होंने 20 चौके और एक छक्का लगाया। इतनी कम उम्र में इस तरह की पारी खेलना अपने आप में बड़ी उपलब्धि है। Vaibhav Suryavanshi's younger brother Ashirwad Suryavanshi score his maiden century today. Ashirwad Suryavanshi today score 103 runs in 87 balls including 1 six and 20 fours with strike rate of 118.39. Rajasthan Royals IPL 2027 opening partner locked pic.twitter.com/gO4QwQ1p64 Cricket Central (CricketCentrl) June 12, 2026 Also Read: LIVE Cricket Score वहीं अगर वैभव सूर्यवंशी की बात करें तो वह इस समय श्रीलंका में खेली जा रही ट्राई सीरीज में भारत ए टीम का हिस्सा हैं। अफगानिस्तान ए, भारत ए और श्रीलंका ए के बीच चल रही इस सीरीज में उन्होंने अब तक दो मैचों में 170.58 के स्ट्राइक रेट से 58 रन बनाए हैं। अफगानिस्तान के खिलाफ उन्होंने सिर्फ 22 गेंदों में 44 रन की तेजतर्रार पारी खेलकर अपनी प्रतिभा का एक और नमूना पेश किया था।
मोगा जिले की समालसर पुलिस ने एक नाबालिग 17 वर्षीय नाबालिग को बहला-फुसलाकर ले जाने वाले युवक को राजस्थान से गिरफ्तार किया है। पुलिस ने लड़की को भी बरामद कर लिया है। यह मामला नाबालिग के पिता की शिकायत पर दर्ज किया गया था। उन्होंने पुलिस को बताया था कि उनकी बेटी घर से लापता हो गई थी और काफी तलाश के बाद भी उसका कोई सुराग नहीं मिला। बाद में उन्हें जानकारी मिली कि एक युवक उनकी बेटी को शादी का झांसा देकर बहला-फुसलाकर ले गया है। राजस्थान के सूरतगढ़ में छिपा था आरोपी थानेदार मनजीत सिंह इस मामले की जांच कर रहे थे। पुलिस सूत्रों के अनुसार, जांच के दौरान पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी युवक नाबालिग के साथ सूरतगढ़, राजस्थान में छिपा हुआ है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने सूरतगढ़ में दबिश दी और युवक व नाबालिग दोनों को पकड़ लिया। लड़की को उसके परिजनों को सौंप दिया गया है, जबकि आरोपी युवक को अदालत में पेश कर तीन दिन का पुलिस रिमांड हासिल किया गया है।
हरियाणा के सिरसा में ट्रक से पकड़ी गई नशे की खेप अफीम मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। पुलिस के अनुसार, राजस्थान में बड़ी मात्रा में अफीम की सप्लाई हो रही थी। पुलिस ने शक के आधार पर बाहरी राज्यों में जाने वाले और आने वाले ड्राइवरों की लोकेशन ट्रेस की। तब पता चला कि जम्मू नंबर का ट्रक आता है और इसी सप्लाई राजस्थान में आती है। पुलिस को पता चला कि यह ट्रक ड्राइवर बार-बार मोबाइल नंबर बदल रहा है। सूत्रों की मानें तो इसके लिए राजस्थान पुलिस ने उसके पीछे टीमें लगाई और उसका पता लगाया। जांच में पाया कि यहीं ट्रक चालक जोधपुर में अफीम लेकर आ रहा है। पुलिस ने उसकी कुंडली खंगाली और उसका पता लगाकर उसकी हिस्ट्री खंगाली। राजस्थान पुलिस करीब एक सप्ताह से इसके पीछे लगी थी। ड्राइवर मेन रोड के अलावा लोकल हाईवे होकर आ रहा था। कई जगह पर गांव से होकर भी गुजरा है। मामले में सिरसा पुलिस ने आरोपी ट्रक ड्राइवर को पुलिस ने 10 दिन के रिमांड पर लिया है और उससे पूछताछ की जाएगी। ट्रक ड्राइवर उन रास्तों से सिरसा तक पहुंचा, जहां पर पुलिस का पहरा कम था या कोई चेकिंग नहीं थी। अफीम भेजने वाले सप्लायर को राजस्थान पुलिस ने पहले ही पकड़ा राजस्थान एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स से इंस्पेक्टर किरण जीत कौर की टीम ने इस नशे की खेप लाने वाले मेर स्पलायर को पहले ही पकड़ लिया था। उसी का मोबाइल राजस्थान पुलिस के हाथ लगा था और उसका टोल कटने की हर डिटेल पुलिस के पास थी। पुलिस ने मिठड़ी व भावदीन दोनों टोल पर टीमें तैनात की थी। जब भावदीन टोल से टोल कटने के बाद ट्रक तय समय में नहीं पहुंचा तो पुलिस ने रास्ते में ही उसकी तलाश शुरू की। तभी यह ट्रक रास्ते में हाईवे के पास ढाबे पर खड़ा, पर उस समय ड्राइवर नहीं था। रातभर पुलिस ड्राइवर का इंतजार करती थी। जब अल सुबह ड्राइवर ट्रक के पास पहुंचा तो उसे पकड़ लिया। इसके बाद राजस्थान पुलिस ने सिरसा की डिंग पुलिस को सूचना देकर उसे पकड़ लिया। सूत्रों की मानें तो अफीम वजन में कुछ मिसिंग होने का शक है। पुलिस का कहना है कि जितनी मात्रा थी, वो काबू में कर ली है। राजस्थान पुलिस कर रही थी शुरू से काम इसका इनपुट शुरू से ही राजस्थान की एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स जयपुर के पास था और ट्रक की फोटो भी आई हुई थी। इसी आधार पर बुधवार को जोधपुर एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स की इंस्पेक्टर किरण जीत कौर ने सिरसा आकर टोल के पास ढाबे में खड़े ट्रक को पकड़ लिया। ट्रक की चेसी में सीक्रेट बॉक्स में छिपाकर ले जाई जा रही अफीम की खेप पकड़ गई। 88 किलो 970 ग्राम भारी मात्रा अफीम पकड़ी गई। पुलिस के मुताबिक, इसकी मार्केट वैल्यू करीब 4.5 करोड़ रुपए है। यह हरियाणा में अब तक की पकड़ी गई सबसे बड़ी अफीम नशे की खेप है।
प्रदेश के उच्च शिक्षा विभाग ने साढ़े तीन साल के लंबे इंतजार के बाद राजस्थान राज्य पात्रता परीक्षा (SET-2026) की घोषणा कर दी गई है। इस बार परीक्षा के आयोजन की कमान कोटा यूनिवर्सिटी को सौंपी गई है। साल 2023 के बाद आयोजित होने जा रही यह परीक्षा राज्य के सरकारी और प्राइवेट कॉलेजों में असिस्टेंट प्रोफेसर (सहायक आचार्य) बनने का सपना देख रहे युवाओं के लिए बड़ा अवसर लेकर आई है। यूनिवर्सिटी कुलपति प्रो. बी.पी. सारस्वत की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय समिति की बैठक में परीक्षा की तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया गया है। 14 जून से 15 जुलाई तक कर सकेंगे आवेदन प्रो. सारस्वत ने बताया कि अभ्यर्थी कोटा यूनिवर्सिटी की वेबसाइट और एसएसओ पोर्टल के जरिए 14 जून से 15 जुलाई तक आवेदन कर सकेंगे। परीक्षा 6 सितंबर को प्रस्तावित है। उन्होंने कहा कि उच्च शिक्षा में गुणवत्ता तभी आएगी जब योग्य अभ्यर्थी चुने जाएंगे। इसलिए एसईटी का निष्पक्ष और बिना किसी गलती के आयोजन करवाना प्राथमिकता है। नकल रोकने के लिए होंगे पुख्ता सुरक्षा इंतजाम प्रो. सारस्वत ने बताया कि नकल रोकने के लिए जैमर, सीसीटीवी और ओएमआर की थ्री-लेयर कोडिंग जैसी सुरक्षा व्यवस्था इस एग्जाम के लिए की जा रही है। परीक्षा में शामिल होने के लिए कोई आयु सीमा तय नहीं है। पीजी फाइनल ईयर या रिजल्ट का इंतजार कर रहे छात्र भी प्रोविजनल आवेदन कर सकते हैं। यूजीसी के नियमों के तहत कुल बैठे अभ्यर्थियों में से कैटेगरी वाइज टॉप 6 फीसदी को ही पात्रता सर्टिफिकेट मिलेगा। आवेदन शुल्क और योग्यता पेपर्स, सब्जेक्ट डिटेल और नंबर
रेवाड़ी में चौकी नंबर-11 फ्लाइओवर के पास सड़क पार कर रहे 60 वर्षीय बुजुर्ग को डंपर ने टक्कर मार दी। जिससे उसकी मौत हो गई। राजस्थान से बेटे के साथ लौटते समय यह हादसा हुआ। घायल अवस्था में बुजुर्ग को राहगीरों की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया। जहां जांच के बाद डाक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। वहीं, एक्सीडेंट के बाद ड्राइवर डंपर सहित मौके से फरार हो गया। सूचना के बाद खोल थाना पुलिस मौके पर पहुंची। बेटे की शिकायत पर अज्ञात डंपर ड्राइवर के खिलाफ केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी। मौत से पहले गांव किए गांव के दर्शन मृतक के बेटे हंसराज ने बताया कि वह मूल रूप से राजस्थान बहरोड के गांव खोहरी-खापरिया के रहने वाले हैं। पिछले कई वर्षों से गांव बटोड़ी में रह रहे हैं। उनके पिता निरंजन का गांव में ही सैलून है। वह वहीं काम करते थे। हंसराज ने बताया कि एक दिन पहले मैं और मेरे पिता के साथ राजस्थान अपने पैतृक गांव गए हुए थे। बीती शाम बस में सवार होकर वापस लौट रहे थे। गांव से लौटने के बाद चौकी नंबर-11 फ्लाइओवर के पास बस से उतरे थे। रोड पार करते समय मारी टक्कर बेटे ने शिकायत में बताया कि बस से उतरने के बाद उनके पिता रोड पार कर रहे थे। इसी दौरान रेवाड़ी की तरफ से आ रहे एक डंपर ने उन्हें टक्कर मार दी। एक्सीडेंट के बाद ड्राइवर डंपर के साथ मौके से फरार हो गया। राहगीरों की मदद से एंबुलेंस बुलाकर घायल अवस्था में उन्हें अस्पताल पहुंचाया। जहां जांच के बाद चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। सूचना के बाद खोल थाना पुलिस मौके पर पहुंची। बेटे की शिकायत पर केस दर्ज कर शव पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया। मृतक के दो बेटे और एक बेटी है।
मीणा अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ के जिलाध्यक्ष नियुक्त
सवाईमाधोपुर| अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ के प्रदेशाध्यक्ष गजेंद्र सिंह राठौड़ के निर्देशानुसार सवाईमाधोपुर जिलाध्यक्ष पद पर मुकेश मीणा की मनोनीत किया है। जानकारी के अनुसार अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ के जिलाध्यक्ष पद पर मुकेश मीणा को मनोनीत करने पर कर्मचारियों ने प्रदेश नेतृत्व का आभार जताया है। साथ ही नव मनोनीत जिलाध्यक्ष का माल्यार्पण कर स्वागत किया है।
देश के चार राज्यों में फैले साइबर ठगी के एक ऐसे शातिर तंत्र का खुलासा हुआ है, जिसने पुलिस की कार्यप्रणाली को चुनौती दे दी है। इस नेटवर्क के तहत अपराधी अरुणाचल प्रदेश से फर्जी सिम कार्ड खरीदते हैं, राजस्थान के मेवात और मारवाड़ क्षेत्र को ठगी का केंद्र बनाते हैं, ठगी गई राशि बिहार के बैंक खातों में जमा की जाती है और अंत में महाराष्ट्र के एटीएम से उसे निकाल लिया जाता है। इस जटिल ‘फोर-स्टेट’ चक्रव्यूह के बावजूद प्रतापगढ़ जिला पुलिस ने साइबर अपराधियों के खिलाफ एक ऐसा प्रभावी मॉडल तैयार किया है, जिसकी चर्चा पूरे प्रदेश में हो रही है। जहां पिछले तीन वर्षों में राजस्थान के लोगों से 586 करोड़ रुपए की ठगी हुई और पूरी राजस्थान पुलिस महज 26 लाख रुपए ही रिकवर कर पाई, वहीं इस कुल राशि में से 20 लाख रुपए अकेले प्रतापगढ़ जिले की साइबर सेल ने पीड़ितों को वापस दिलाकर मिसाल पेश की है। प्रदेश में 26 लाख की रिकवरी, इसमें प्रतापगढ़ का 20 लाख प्रतापगढ़ पुलिस ने बैंकिंग संस्थानों के साथ समन्वय स्थापित कर ठगी रोकने में बड़ी सफलता हासिल की है। ठगी की सूचना मिलते ही साइबर सेल संबंधित खातों को तुरंत फ्रीज करवा देती है, जिससे रकम सुरक्षित हो जाती है। इसी सक्रियता के कारण प्रतापगढ़ राजस्थान में पीड़ितों को राशि लौटाने में अग्रणी बना है। फोर-स्टेट क्राइम मैप से समझिए ठगों के नेटवर्क को साइबर अपराधियों ने गिरफ्तारी से बचने के लिए राज्यों की सीमाओं का इस्तेमाल करते हुए एक ‘क्राइम रूट’ तैयार किया है। जांच में सामने आया है कि इस नेटवर्क की पहली कड़ी अरुणाचल प्रदेश है, जो फर्जी आईडी पर मोबाइल सिम खरीदने का मुख्य केंद्र बन चुका है। इन सिम कार्ड्स का उपयोग कर राजस्थान के मेवात क्षेत्र से ठगी की कॉल्स और मैसेज किए जाते हैं। ठगी गई धनराशि का ‘गोदाम’ बिहार के बैंक खाते बनते हैं, जिन्हें ‘ड्रॉपर’ अकाउंट कहा जाता है। अंत में, इस काले धन की अवैध निकासी महाराष्ट्र के पुणे, लातूर से की जाती है। पुलिस तत्परता से खुले ठगी के 4 बड़े मामले भास्कर इनसाइट - देश का 54.1% साइबर क्राइम मेवात कनेक्शन से गृह मंत्रालय के नेशनल साइबर कोऑर्डिनेशन सेंटर के अनुसार भारत के लगभग 54.1% साइबर अपराध राजस्थान, उत्तर प्रदेश और हरियाणा के सीमावर्ती मेवात क्षेत्र से जुड़े हैं। राजस्थान के भरतपुर, अलवर और नवगठित डीग जिले कॉल-आधारित साइबर ठगी के प्रमुख केंद्र हैं, जहां से रोज 250 से अधिक शिकायतें दर्ज होती हैं। पहले भरतपुर की हिस्सेदारी देश के कुल साइबर अपराधों में 16–18% थी, जो ‘ऑपरेशन एंटी-वायरस’ के बाद 7% रह गई। अलवर 5.1% हिस्सेदारी के साथ देश में 7वें स्थान पर है। 1.90 लाख से अधिक संदिग्ध सिम और आईएमईआई ब्लॉक किए हैं।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गुरुवार को नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई नीति आयोग की शासी परिषद की 11वीं बैठक में राजस्थान का ‘विकसित राजस्थान-2047’ रोडमैप पेश किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार युवाओं, किसानों, महिलाओं और निवेश को विकास का आधार बनाकर राजस्थान को वर्ष 2029 तक 350 बिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने की दिशा में तेजी से काम कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री की मंशा अनुरूप राज्य सरकार गरीब, युवा, अन्नदाता और नारी शक्ति को राज्य सरकार की नीतियों एवं कार्यक्रमों के केंद्र में रखकर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में अब तक 35 लाख करोड़ के निवेश संबंधी एमओयू हुए हैं। प्रदेश की जीएसडीपी वृद्धि दर 10.24 प्रतिशत है, जो निर्धारित लक्ष्य की प्राप्ति के लिए सकारात्मक संकेत है। बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि राजस्थान की 63 प्रतिशत युवा आबादी को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए कौशल, रोजगार और उद्यमिता आधारित नीतियां लागू की गई हैं। ‘माय भारत’ अभियान में 18 लाख पंजीकृत युवाओं के साथ राजस्थान देश में दूसरे स्थान पर है। मुख्यमंत्री की गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात सीएम भजनलाल शर्मा ने नई दिल्ली में केन्द्रीय गृह अमित शाह से मुलाकात की। इस दौरान प्रदेश की सुरक्षा, सहकारिता आंदोलन को मजबूती देने और जन-कल्याणकारी नीतियों पर विचार विमर्श हुआ। किसानों को ऊर्जा उत्पादक बनाने पर जोर: मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार किसानों को केवल उत्पादक ही नहीं बल्कि ऊर्जा उत्पादक और उद्यमी बनाने की दिशा में कार्य कर रही है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत 2.19 करोड़ पॉलिसियां जारी की गई हैं। वहीं पीएम-कुसुम योजना के अंतर्गत 723 मेगावाट क्षमता की 496 सौर ऊर्जा परियोजनाएं स्थापित की गई हैं। इनमें राजस्थान देश में पहले स्थान पर है। महिला सशक्तीकरण, सुशासन पर फोकस: सीएम ने कहा कि ‘लखपति दीदी’ और ‘ड्रोन दीदी’ जैसे कार्यक्रमों के जरिए महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाया जा रहा है।
सीएम भजनलाल शर्मा ने आज दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में हुई नीति आयोग की बैठक में राजस्थान का विजन रखा। उन्होने बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य सरकार गरीब, युवा, अन्नदाता और नारी शक्ति को राज्य सरकार की नीतियों और कार्यक्रमों के केंद्र में रखकर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार प्रदेश की 63 प्रतिशत युवा आबादी को विकास का प्रमुख आधार बनाने की दिशा में काम कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा प्रारंभ किया गया 'माय भारत' अभियान युवाओं को राष्ट्र निर्माण से जोड़ने का सशक्त माध्यम बन रहा है। राजस्थान में इस अभियान को व्यापक समर्थन मिला है और 18 लाख पंजीकृत युवाओं के साथ राज्य देश में दूसरे स्थान पर है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में राजस्थान कौशल नीति-2025, राजस्थान युवा नीति-2025 और राजस्थान रोजगार नीति-2026 लागू की गई हैं। इसके अतिरिक्त सहकारिता, डेयरी विकास और एक जिला-एक उत्पाद जैसी पहलों के माध्यम से स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर सृजित किए जा रहे हैं। कृषि और किसान कल्याण में अग्रणी राजस्थानमुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार किसानों को उत्पादक से ऊर्जा उत्पादक और उद्यमी बनाने की दिशा में काम कर रही है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अंतर्गत 2 करोड़ 19 लाख बीमा पॉलिसियां जारी की गई हैं और पीएम-कुसुम योजना (कम्पोनेंट-ए) के तहत 723 मेगावाट क्षमता की 496 सौर ऊर्जा परियोजनाएं स्थापित की गई हैं। इन दोनों क्षेत्रों में राजस्थान देश में प्रथम स्थान पर है। उन्होंने कहा कि पीएम धन-धान्य कृषि योजना के प्रभावी क्रियान्वयन से बीकानेर, जैसलमेर, बाड़मेर, पाली, नागौर, जालौर, चूरू एवं जोधपुर जैसे रेगिस्तानी जिलों में दलहन, तिलहन एवं बागवानी फसलों के क्षेत्रफल और उत्पादन में वृद्धि हुई है, जिससे किसानों की आय एवं कृषि उत्पादकता में सुधार हुआ है। भ्रष्टाचार के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस की नीतिमुख्यमंत्री ने कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा विकसित प्रगति प्लेटफॉर्म से प्रेरणा लेकर राज्य सरकार ने राज उन्नति प्लेटफॉर्म प्रारंभ किया है। इसके माध्यम से अब तक 2 लाख करोड़ रुपए से अधिक लागत की 42 महत्वपूर्ण परियोजनाओं की समीक्षा की जा चुकी है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाते हुए भ्रष्ट लोकसेवकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है। जन शिकायतों के समाधान हेतु संचालित 'संपर्क पोर्टल' के माध्यम से शिकायतों के निस्तारण की औसत अवधि 28 दिन से घटकर 14 दिन रह गई है तथा 98 प्रतिशत से अधिक शिकायतों का प्रभावी समाधान सुनिश्चित किया गया है।
राजस्थान क्रिकेट के अच्छे दिन शुरू हो गए हैं। बीसीसीआई जूनियर सिलेक्शन कमेटी ने श्रीलंका दौरे के लिए भारतीय अंडर-19 टीम की घोषणा कर दी है, जिसमें राजस्थान के दो प्रतिभाशाली खिलाड़ियों कुशाग्र ओझा और रजत बघेल को जगह मिली है। इस उपलब्धि पर राजस्थान क्रिकेट संघ (आरसीए) एडहॉक कमेटी ने दोनों खिलाड़ियों को बधाई देते हुए इसे राज्य क्रिकेट के लिए बड़ी उपलब्धि बताया। आरसीए एडहॉक कमेटी कन्वीनर डॉ. मोहित जसवंत यादव ने कहा- दोनों खिलाड़ियों ने बीसीसीआई क्रिकेट सत्र 2025-26 में राजस्थान टीम का प्रतिनिधित्व करते हुए शानदार प्रदर्शन किया और अपनी प्रतिभा से सिलेटर्स को प्रभावित किया। उन्होंने कहा- यह चयन राजस्थान क्रिकेट के लिए प्रेरणादायक है। आने वाले समय में ये खिलाड़ी भारतीय क्रिकेट का बड़ा चेहरा बन सकते हैं। NCA प्रशिक्षण शिविर से मिला मंच आरसीए एडहॉक कमेटी के सदस्य सुशील जैन ने बताया- कुशाग्र ओझा और रजत बघेल दोनों को इस साल बीसीसीआई के एनसीए सेंटर ऑफ एक्सीलेंस अंडर-19 प्रशिक्षण शिविर के लिए चुना गया था। वहां मिले प्रशिक्षण और उनके निरंतर प्रदर्शन का ही परिणाम है कि अब उन्हें भारतीय अंडर-19 टीम में जगह मिली है। कुशाग्र दोनों टीमों में, रजत वनडे टीम में बीसीसीआई ने कुशाग्र ओझा का सिलेक्शन भारतीय अंडर-19 टीम की वनडे और मल्टी-डे (चार दिवसीय) दोनों टीमों में हुआ है। वहीं रजत बघेल को वनडे टीम में स्थान मिला है। रजत बघेल विकेटकीपर बल्लेबाज के रूप में टीम का हिस्सा होंगे। 4 जुलाई से वनडे मैच दरअसल, भारतीय अंडर-19 टीम श्रीलंका दौरे पर तीन एकदिवसीय और दो चार दिवसीय मैच खेलेगी। 4 जुलाई, 6 जुलाई और 9 जुलाई को वनडे मैच खेला जाएगा। वहीं 13 से 16 जुलाई को पहला 20 से 23 जुलाई को दूसरा चार दिवसीय मैच खेला जाएगा।
रेवाड़ी में दिल्ली-जयपुर हाईवे पर ग्रिल तोड़कर अनियंत्रित ट्रॉले ने आर्टिका व स्कूटी को टक्कर मार दी। हादसे में स्कूटी सवार राजस्थान निवासी 42 वर्षीय जगेराम की मौके पर ही मौत हो गई। आर्टिका में सवार सभी यात्री सुरक्षित बच गए। हादसा खेड़ा बार्डर के पास हुआ। गाड़ी को मौके पर छोड़कर चालक ने भागने का प्रयास किया, परंतु आसपास के लोगों ने उन्हें दबोच लिया। सूचना के बाद बावल थाना पुलिस और एनएचएआई के अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने गाड़ी व चालक को अपने कब्जे में लिया। इस खबर को अपडेट किया जा रहा है…
झुंझुनूं जिले को हरा-भरा और प्रदूषण मुक्त बनाने को लेकर सरकार ने एक बड़ी पहल की है। मिशन हरियालो राजस्थान के तहत साल 2026-27 में जिलेभर में 33 लाख 33 हजार 173 पौधे लगाने का महा-लक्ष्य तय किया गया है। इस अभियान को सफल बनाने की जिम्मेदारी वन विभाग को सौंपी है। इसके साथ ही जिले के 28 अन्य सरकारी विभागों को भी अलग-अलग लक्ष्य देकर इस काम में जोड़ा गया है। जिला स्तरीय बैठक में सभी विभागों को अपने-अपने क्षेत्रों में खाली और उपयुक्त जमीनों की पहचान करने के निर्देश दिए है। इन विभागों को मिली जिम्मेदारी इस हरियाली अभियान में सबसे बड़ा जिम्मा ग्रामीण इलाकों और स्कूलों को मिला है। ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज विभाग को सबसे ज्यादा 13 लाख 32 हजार पौधे लगाने का लक्ष्य दिया गया है। शिक्षा विभाग (स्कूल-कॉलेज) को 11 लाख 40 हजार 273 पौधे लगाने की जिम्मेदारी दी है। राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड 2 लाख पौधे लगाएगा। स्वायत्त शासन विभाग (नगर निकाय) 1.72 लाख पौधे लगाएगा। उद्यान विभाग 1.22 लाख पौधे लगाएगा। वहीं वन विभाग खुद अपने स्तर पर 48,500 पौधे रोपेगा। नर्सरी में 15 लाख से ज्यादा पौधे तैयार DFO काव्या बी ने बताया- वन विभाग ने इस मानसून और आने वाले सीजन के लिए अपनी 12 सरकारी नर्सरियों में 15 लाख 20 हजार पौधे पहले से ही तैयार कर लिए हैं। इस बार एक जिला-एक प्रजाति पहल के तहत झुंझुनूं जिले में 'नीम' के पौधों को विशेष प्राथमिकता दी गई है, ताकि जिले को एक समान और लंबा चलने वाला हरित आवरण (ग्रीन कवर) मिल सके। नर्सरी में नीम के अलावा पीपल, बरगद, शीशम, आंवला, इमली, रोहिड़ा, अर्जुन, गुलमोहर और शहतूत जैसी कई उपयोगी प्रजातियों के पौधे तैयार हैं। यहां उपलब्ध है सबसे ज्यादा पौधे बीड़ झुंझुनूं और भोजगढ़ नर्सरी में सबसे अधिक 1.83 लाख पौधे है। भगेनिया जोहड़ (चिड़ावा) नर्सरी में 1.52 लाख पौधे है। मलसीसर नर्सरी: 1.51 लाख पौधे उपलब्ध है। वन विभाग की नर्सरियों से 15.20 लाख पौधे मिलेंगे, जबकि बाकी के बचे 18.13 लाख पौधे ग्राम पंचायतों और निजी नर्सरियों के सहयोग से जुटाए जाएंगे। 5 रुपए में मिलेगा पौधा अगर आप भी अपने घर, खेत या मोहल्ले में पौधा लगाना चाहते हैं, तो वन विभाग ने आम लोगों के लिए बहुत ही सस्ती दरें तय की हैं। कांटेदार/झाड़ीदार पौधे मात्र 5 प्रति पौधा दिया जाएगा। पौधे की उम्र और साइज के हिसाब से 6 से लेकर 75 प्रति पौधा तक की कीमत पर मिलेंगे।
जोधपुर की इन्फ्लूएंसर अनीता बिश्नोई ने सोशल मीडिया पर ट्रोलिंग से परेशान होकर जहर खा लिया था। वे अभी हॉस्पिटल में एडमिट हैं। सोशल मीडिया पर ट्रोलिंग आज बड़ा मुद्दा है। केवल अनीता बिश्नोई ही नहीं न जाने कितने इन्फ्लूएंसर इससे परेशान होकर गलत कदम उठा चुके हैं। हर इन्फ्लूएंसर को ट्रोलिंग का सामना करना ही पड़ा है। राजस्थान में भी कई ऐसी महिला इन्फ्लूएंसर है, जिन्हें काफी ट्रोल किया गया। मारवाड़ की एक महिला इन्फ्लूएंसर ने बताया कि उन्हें कहा जाता था कि 'न खाना बनाना आता है और न ही बोलना।' एक इन्फ्लूएंसर को ‘ठाकुर जी को तू कहने' और 'मारवाड़ी भाषा’ बोलने पर ट्रोल किया गया। उन्होंने परेशान होकर वीडियो डिलीट कर दिया और 6 महीने का ब्रेक ले लिया। पढ़िए- ये खास रिपोर्ट… कौशल्या चौधरी ट्रोलर्स कहते थे न बोलना आता, न खाना बनाना जोधपुर की कौशल्या चौधरी का 'सीधी मारवाड़ी' नाम से सोशल मीडिया पर अकाउंट है। इन्होंने बताया कि साल 2017 में उन्होंने सबसे पहले घर के किचन से वीडियो बनाने की शुरुआत की थी। उन्होंने बताया कि- जब मैंने सोशल मीडिया पर वीडियो बनाना शुरू किया था। तब कई लोगों ने ट्रोल किया था। जो लोग मुझे पसंद नहीं करते थे, उन्होंने वीडियो पर कमेंट करना शुरू किया। ट्रोलर्स में परिवार और आस-पड़ोस के लोग भी थे। वे कहने लगे कि- 'न तो खाना बनाना आता है और न बोलना।' अपने वीडियो पर आ रहे इन कमेंट को पढ़ती थी तो परेशान हो जाती थी। जैसे-जैसे मेरा सफर आगे बढ़ा, ये चीजें ज्यादा बढ़ने लगीं। पर्सनल ट्रोलिंग सही नहीं- कौशल्या इन्फ्लूएसर ने बताया कि- धीरे-धीरे मुझे समझ आ गया कि इन सबके लिए तैयार रहना होगा क्योंकि लाखों और करोड़ों की भीड़ में आप की तरह सोचने वाले लोग नहीं मिलेंगे। हम जैसे-जैसे लाइफ में आगे बढ़ते है, लोग हमें जज करते रहते है। अनीता के मामले में उन्होंने कहा कि ‘आलोचना सभ्य तरीके से होनी चाहिए। व्यक्तिगत ट्रोलिंग सही नहीं है।’ इग्ननोर नाम की गोली लेती हूं - इन्फ्लूएंसर कौशल्या चौधरी ने कहा- ट्रोलिंग से परेशानी बहुत होती है। ऐसे में अपनों का साथ इस मेंटल ट्रॉमा से निकलने के लिए बहुत जरूरी है। सोशल मीडिया ऐसा प्लेटफॉर्म है, जहां अब दूरियां मिट चुकी है। लाखों-करोड़ों लोग एक-दूसरे से कनेक्टेड है। मैं ये कहूंगी- आगे बढ़ना है तो डी-मोटिवेट करने वाले लोगों को इग्नो करना पड़ेगा। इसके लिए मैंने इग्नोर की टेबलेट लेना शुरू कर दिया है। लाखों में से 50 लोग यदि आपके बारे में गलत बोल जाए तो इसका मतलब ये नहीं कि हम 50 लोगों के लिए आगे बढ़ना छोड़ दें। बता दें कि कौशल्या चौधरी के आज फेसबुक, इंस्टाग्राम और यूट्यूब को मिलाकर इनके करीब 55 लाख फॉलोअर्स है। जिगिशा जोशी ठाकुर जी को तू कहने पर ट्रोल हुई थी राजसमंद के नाथद्वारा की रहने वाली जिगिशा जोशी ने कहा कि 2015 में उन्होंने अपना इंस्टाग्राम अकाउंट बनाया था। 2019 से गाना गाते हुए वीडियो बनाना शुरू किया था। ट्रोलिंग का एक किस्सा सुनाते हुए कहा- ठाकुर जी पर एक वीडियो बनाया था। नाथद्वारा में ब्रज का कल्चर और यहां की संस्कृति झलकती है। यहां के लोग ठाकुर जी को अपना सखा मानते है। ऐसे में उनके साथ बातचीत भी एक सखा यानी दोस्त की तरह होती है। तो ब्रज या नाथद्वारा में लोग ठाकुर जी से तू लगाकर बात करते है। ये ही किस्सा मैंने अपने वीडियो में शेयर कर दिया था। इसी को लेकर मेरी ट्रोलिंग शुरू हो गई कि तुमने ठाकुर जी को तू कैसे कह दिया। कई लोगों के कमेंट आने लगे, रिमिक्स वीडियो बनाकर ट्रोल करने लगे थे। आखिर मुझे रोते हुए इस वीडियो को डिलीट करना पड़ा। इसके बाद मैंने 6 महीने तक कोई वीडियो नहीं बनाया था। मेवाड़ी भाषा पर ट्रोलर बोले- कौन सुनेगा जोशी ने बताया कि मैंने अपनी क्षेत्रीय भाषा यानी मेवाड़ी को प्रमोट करने के लिए मेवाड़ी एसेंट के नाम से वीडियो बनाए। तब मुझे मेवाड़ी बाई के नाम से जानने लगे। क्योंकि मेवाड़ी भाषा ठेठ बोली होती है, कुछ शब्द ऐसे होते है, जिन्हें लोग सुनना भी पसंद नहीं करते। मेवाड़ी में मेरे वीडियो आने के बाद लोग मुझे ट्रोल करने लगे थे। कहने लगे- ‘हमें नहीं सुनना है। ये कौनसी भाषा है, कौन सुनेगा’ लेकिन मैंने अपने वीडियो बनाना बंद नहीं किया। जिगिशा कहती हैं- आज मुझे बॉलीवुड मूवी अर्जुन बेवकूफ में रोल मिला हैं। इसमें मैं एक पुलिसवाली का रोल कर रही हूं, इसमें मेरे डायलॉग मेवाड़ी लैंग्वेज में ही हैं। शादी हुई तो भी ट्रोल हुईं जिगिशा ने बताया कि धीरे-धीरे मैंने ट्रोलर्स को इग्नोर करना शुरू कर दिया, लेकिन ट्रोलिंग यहीं पर खत्म नहीं हुई। जब शादी हुई तो लोग कहने लगे अब वीडियो नहीं आएंगे, शादी के बाद सब खत्म हो जाएगा। मेरे पति डॉक्टर हैं। जब मैंने उनसे पूछा कि क्या ऐसा होगा तो उन्होंने कहा-ऐसा क्यों होगा। उन्होंने हमेशा मुझे सपोर्ट किया है। इस कारण शादी के बाद भी मेरा करियर बूस्ट हुआ है। सोशल मीडिया जर्नी की शुरूआत से ही मेरा परिवार भी सपोर्ट में रहा। ट्रोलिंग से परेशान होती थी तो भाई कहता था: ‘अच्छी हो या बुरी बात, जो काम करता है उसी की बात होती है, जो निठल्ले बैठे रहते है , उनकी कोई बात नहीं करता।’ पिता ने समझाया: ‘तू तेरा काम करती रहे, कभी हार मत मानना। बस अपने कर्म पर ध्यान दे।’ जीओ और जीने दो..का सिद्धांत अपनाओ... जोशी ने कहा कि आज की जनरेशन कोरियन ड्रामा देख रही है, यहां बैठे-बैठे लोग कोरियन सीख रहे है, जबकि ये हमारे कल्चर का हिस्सा ही नहीं है। राजस्थानी बोलने में क्या दिक्कत है। कई बार मेरे मैनेजर्स ने कहा-आप हिंदी और इंग्लिश में वीडियो बनाओ, क्षेत्रीय भाषा कोई पसंद नहीं करता, लेकिन मैंने मेरा काम जारी रखा। सभी का अपना-अपना ओपिनियन है। किसी के लिए ओपिनियन मेटर करते है और किसी के लिए नहीं...। ‘जीओ और जीने दो..का सिद्धांत अपनाओ...।’ एक्सपर्ट बोले-फॉलोअर्स बढ़ने की चिंता होने लगी थी ट्रोलिंग और इसके दिमाग पर होने वाले असर को लेकर हमने मथुरादास माथुर हॉस्पिटल के साइक्रेटिस्ट डॉ. सुरेंद्र कुमार से बात की। उन्होंने एक केस की चर्चा करते हुए बताया कि एक लड़की उनके पास आई थी। काउंसलिंग की गई तो लड़की ने बताया कि नींद नहीं आती, चिड़चिड़ापन रहता है, अच्छे से रिएक्ट नहीं करती है। इसके बाद जब उससे पूछा कि वो करती क्या है तो बताया कि वह एक यूट़्यूबर है। शादी के बाद पारिवारिक जिम्मेदारियों की वजह से वीडियो बनना बंद हो गए थे। उसके व्यूज और फॉलोवर्स भी घटने लगे थे। वह क्रिएटिव कंटेंट नहीं बना पा रही थी। इससे वह परेशान थी। उन्होंने बताया इस प्लेटफॉर्म से जुड़े अधिकांश लोग अटेंशन सीकर होते है। वे एक वर्चुअली दुनिया से जुड़े रहते है तो उन्हें अपने आस-पास सबकुछ वर्चुअल लगता है, जबकि ऐसा नहीं है। वर्चुअल दुनिया के बाहर भी हमारे आस-पास लोग है। --- ये खबरें भी पढ़िए- 1. जहर पीने वाली इन्फ्लूएंसर ने जिसे ब्लॉक किया,उसने किया टॉर्चर:निजी जीवन पर गंदे कमेंट्स से सदमे में थीं; आज बयान लेगी पुलिस सोशल मीडिया इन्फ्लूएंसर अनीता बिश्नोई के जहर खाने के मामले में अब बड़ा खुलासा हुआ है। अनीता के पति दीनाराम ने बनाड़ थाने में FIR कराई है। पूरी खबर पढ़िए… 2. जोधपुर में जहर पीने वाली इन्फ्लूएंसर की हालत में सुधार:भांजा बोला- ऑनलाइन गेम के खिलाफ वीडियो बनाने पर आईडी करवा दी थी बंद जोधपुर में ट्रोलिंग से परेशान होकर जहर पीने वाली सोशल मीडिया इन्फ्लूएंसर अनीता बिश्नोई मथुरादास माथुर हॉस्पिटल में भर्ती हैं। पूरी खबर पढ़िए…
हरियाणा के सिरसा में एक ट्रक में छिपाकर ले जाई जा रही अफीम की खेप पकड़ गई। ट्रक की चेसी में सीक्रेट बॉक्स बनाया गया था। जिसमें छिपाकर पश्चिमी बंगाल से नशा लाया गया। जिसे राजस्थान में सप्लाई किया जाना था। सिरसा में पकड़े गए। बुधवार को राजस्थान एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स और सिरसा पुलिस ने मिलकर यह तस्करी पकड़ी। ट्रक से 89 किलो भारी मात्रा अफीम पकड़ी गई। पुलिस के मुताबिक इसकी मार्केट वैल्यू करीब 4.5 करोड़ रुपए है। पुलिस के अनुसार, यह हरियाणा में अब तक की पकड़ी गई सबसे बड़ी अफीम नशे की खेप है। पकड़ जाने के बाद ट्रक चालक ने बताया कि ट्रक मालिक ने पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी से ट्रक में लोड करवाया गया था। ड्राइवर को जोधपुर तक यह ट्रक पहुंचाने के लिए 60 हजार रुपए मिलने थे। ट्रक की चेसी में लगे गार्टर में इस अफीम के बॉक्स में 95 पैकेट बनाकर छिपाए थे। इसका इनपुट राजस्थान की एंटी नारकोटिक पुलिस को मिला था। बुधवार को यहां सिरसा पहुंची और डिंग थाना पुलिस को लेकर शक के आधार पर ट्रक की तलाशी ली तो इसका खुलासा हुआ। गिरफ्तार आरोपी की पहचान राजस्थान के पाली जिले के बिश्नोइयां की ढाणी भाणिया के किशना राम के रूप में हुई है। पुलिस देख ड्राइवर ने ट्रक भगाने का किया प्रयास डीएसपी राज सिंह ने मीडिया से बातचीत में बताया कि डिंग थाना पुलिस और राजस्थान पुलिस की टीम एनएच-9 स्थित टोल प्लाजा के निकट नाकाबंदी कर वाहनों की जांच कर रही थी। इसी दौरान फतेहाबाद की ओर से आ रहे ट्रक नंबर जेके-02-बीके-5276 को रुकने का संकेत दिया। पुलिस को देखकर ड्राइवर ने ट्रक को तेज गति से भगाने का प्रयास किया। लेकिन पुलिस टीमों ने पीछा कर उसे काबू कर लिया। तैयार किए विशेष बॉक्स मिले जांच के दौरान ट्रक के नीचे लोहे की एंगल से विशेष रूप से तैयार किए गए सीक्रेट बॉक्स मिले। इन बॉक्सों में 95 पैकेटों में छिपाकर रखी गई 88 किलो 970 ग्राम अफीम बरामद की। थाना डिंग में आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। आरोपी किशना राम ने खुलासा किया कि वह अफीम की यह राजस्थान के जोधपुर में सप्लाई होनी थी। ‘फोटो देख ट्रक को ढाबे पर पकड़ा’ राजस्थान के हनुमानढ़ जिले से सीमावर्ती एरिया से एंट्री नारकोटिक्स टास्क फोर्स मालाराम पुरा चौकी इंचार्ज इंस्पेक्टर किरणजीत कौर ने बताया कि उनको जयपुर से इनपुट मिला था। इस ट्रक की डिटेल मिल गई थी और फोटो आ गई थी। उनकी टीम ने मिठड़ी टोल पर खड़े थे। उसी दौरान ट्रक ड्राइवर रास्ते में ढाबे में रूक गया था। जब समय ज्यादा लगा तो वे रोड की ओर जाने लगे। इसी दौरान फोटो के आधार पर ट्रक को ढाबे पर देखा। इसके बाद लोकल पुलिस के साथ मिलकर उसे पकड़ा और जांच की। तलाश में ये नशे की खेप मिली। हमने एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स जयपुर को सूचित कर दिया है।
रेवाड़ी पुलिस ने बिना नंबर प्लेट की मोटरसाइकिल और अवैध पिस्तौल के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी पहले से राजस्थान और हरियाणा में हत्या, हत्या प्रयास, लूट व शस्त्र अधिनियम जैसे 10 मामलों में नामजद हैं। बावल थाना पुलिस ने आरोपी को दुल्हेडा- झाबुआ रोड से गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपी ने अपनी पहचान गांव झाबुआ निवासी चरण सिंह उर्फ बब्लू के रूप में बताई। जिससे आरोपी पर पहले से दर्ज मामलों का खुलासा हुआ। पूछताछ के लिए पुलिस ने आरोपी को एक दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। सड़क किनारे बैठा था आरोपी बावल थाना से जांच अधिकारी ने बताया कि पुलिस टीम विशेष गश्त पर थी। इसी दौरान टीम को दुल्हेड़ा- झाबुआ रोड पर सड़क किनारे बिना नंबर की बाइक के साथ खड़ा एक युवक दिखाई दिया। जब पुलिस ने पूछताछ की तो आरोपी बाइक का कोई दस्तावेज पेश नहीं कर पाया। तलाशी के दौरान आरोपी के पास एक अवैध पिस्तौल भी मिली। पूछताछ में पता चला कि आरोपी पहले से ही हत्या, लूट, हत्या प्रयास व आर्म्स एक्ट जैसे 10 संगीन मामलों में पहले से ही नामजद है। रिमांड के दौरान होगी पूछताछ उन्होंने बताया कि आरोपी की पहचान गांव झाबुआ निवासी चरण सिंह उफ बबलू के रूप में हुई। आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार करने के बाद कोर्ट में पेश पेश कर एक दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। रिमांड के दौरान आरोपी से हथियार के सोर्स और अन्य मामलों में संलिप्ता के बारे में पता लगाने का प्रयास किया जाएगा।
मंदसौर के नेहरू बस स्टैंड स्थित नाकोड़ा कॉम्प्लेक्स में हुई चोरी की वारदात का कोतवाली पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से 83,500 रुपये मूल्य का चोरी का सामान बरामद किया है। आरोपी चोरी की घटना को अंजाम देने के बाद राजस्थान के चित्तौड़गढ़ जिले स्थित सांवरिया सेठ मंदिर क्षेत्र के एक लॉज में छिपा हुआ था। मयूर कॉलोनी निवासी पुनित गुप्ता ने 8 जून को कोतवाली थाने में रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। उन्होंने बताया था कि नेहरू बस स्टैंड के पास स्थित उनकी मोबाइल रिपेयरिंग और एसेसरीज की दुकान का ताला तोड़कर अज्ञात बदमाश घुस गया था। दुकान से मोबाइल फोन, नकदी, मोबाइल एसेसरीज, स्मार्ट वॉच और ईयरबड्स चोरी हो गए थे। दुकान से मोबाइल चुराएइसी कॉम्प्लेक्स में स्थित सतीश माहेश्वरी की दुकान से भी मोबाइल संबंधी सामान चोरी किया गया था। इसके अलावा, पूजा बेल्ट, बजरंग मोबाइल और विहत मोबाइल की दुकानों के ताले भी टूटे हुए मिले थे। फरियादी की रिपोर्ट पर कोतवाली थाना पुलिस ने अज्ञात आरोपी के विरुद्ध धारा 331(4) और 305(1) बीएनएस में मामला दर्ज कर जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। राजस्थान के सांवरिया सेठ मंदिर में था आरोपीपुलिस कंट्रोल रूम के कैमरों की मदद से आरोपी के आने-जाने के मार्ग को ट्रैक किया गया। साथ ही, मुखबिर तंत्र को सक्रिय कर आरोपी की तलाश की गई। जांच के दौरान मुखबिर और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपी के राजस्थान के सांवरिया सेठ मंदिर क्षेत्र में होने की सूचना मिली। सूचना मिलते ही पुलिस टीम को रवाना किया गया, जिसने आरोपी को हिरासत में ले लिया। पूछताछ के बाद आरोपी के कब्जे से चोरी गया सामान बरामद कर लिया गया। पुलिस ने आरोपी से पांच एंड्रॉयड मोबाइल फोन, एक कीपैड मोबाइल, एक स्मार्ट वॉच और एक बैग जब्त किया है। बरामद सामग्री की कुल कीमत 83,500 रुपये बताई गई है। पुलिस के अनुसार, आरोपी पूर्व में भी नाबालिग अवस्था में चोरी की वारदात को अंजाम दे चुका है।
राज्य विधि विज्ञान प्रयोगशाला में वरिष्ठ वैज्ञानिक अधिकारी (Senior Scientific Officer) के कुल 3 पदों पर भर्ती के लिए 11 जून से ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) द्वारा निकाली गई इस भर्ती के तहत टॉक्सिकोलॉजी, फिजिक्स और बैलिस्टिक्स डिवीजन में 1-1 पद शामिल हैं। योग्य अभ्यर्थी 10 जुलाई की रात 12 बजे तक इसके लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। यदि कोई अभ्यर्थी एक से अधिक डिवीजन (पद) के लिए योग्यता रखता है और आवेदन करना चाहता है, तो उसे प्रत्येक पद के लिए अलग-अलग आवेदन फॉर्म भरना होगा। आयोग द्वारा स्पष्ट किया गया है कि किसी भी स्थिति में ऑफलाइन आवेदन स्वीकार नहीं किए जाएंगे। भर्ती से जुड़ी विस्तृत शैक्षणिक योग्यता, आयु सीमा और वर्गवार (Category-wise) पदों की जानकारी के लिए अभ्यर्थी आयोग की आधिकारिक वेबसाइट http://rpsc.rajasthan.gov.in पर विजिट कर सकते हैं। 13 से 17 अक्टूबर के मध्य होगी परीक्षा परीक्षा-2026 का आयोजन 13 अक्टूबर 2026 से 17 अक्टूबर 2026 के बीच में किया जाएगा। आयोग ने परीक्षा कम्पयूटर बेस्ड रिक्रूटमेंट टेस्ट (सीबीआरटी) के माध्यम से आयोजित की जाएगी, जिसका विस्तृत कार्यक्रम यथासमय जारी कर दिया जाएगा। यह रहेगा परीक्षा शुल्क अब जानिए आरपीएससी की इन भर्तियों के बारे में भी…. आरएएस-2026 का आवेदन प्रोसेस जारी, 3 जुलाई लास्ट डेट राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) की ओर से निकाली गई राजस्थान राज्य और अधीनस्थ सेवाएं (RAS) संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा-2026 के 607 पदों के लिए आवेदन 4 जून से जारी हैं। इच्छुक अभ्यर्थी 3 जुलाई तक आवेदन कर सकते हैं। परीक्षा 29 नवंबर 2026 को आयोजित की जाएगी। इस भर्ती में राज्य सेवा के 192 पद और अधीनस्थ सेवा के 415 पद शामिल हैं। 1 जनवरी 2027 को अभ्यर्थी की न्यूनतम आयु 21 वर्ष और अधिकतम आयु 40 वर्ष होनी चाहिए। लेक्चरर (विशेष शिक्षा) के 121 पदों पर भर्ती प्रोसेस जारी राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) की ओर से माध्यमिक शिक्षा विभाग में लेक्चरर (विशेष शिक्षा) के 121 पदों पर भर्ती के लिए आवेदन जारी हैं। कैंडिडेट्स 30 जून 2026 की रात 12 बजे तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। कैंडिडेट की उम्र 1 जनवरी 2027 को 18 से 40 वर्ष के बीच होनी चाहिए। आवेदन केवल ऑनलाइन माध्यम से ही स्वीकार किए जाएंगे। ऑफलाइन आवेदन मान्य नहीं होंगे। कैंडिडेट का सिलेक्शन एग्जाम के माध्यम से होगा। परीक्षा तिथि और परीक्षा केंद्रों की जानकारी बाद में अलग से जारी की जाएगी। सहायक अभियोजन अधिकारी के 371 पदों पर भर्ती जारी सहायक अभियोजन अधिकारी-एपीपी (गृह विभाग-अभियोजन) के 371 पदों पर भर्ती के लिए प्रोसेस जारी है। इन पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन की लास्ट डेट 7 जुलाई है। इस भर्ती की प्रारंभिक परीक्षा का आयोजन 2 सितंबर को किया जाना प्रस्तावित है। आयु सीमा 1 जनवरी 2027 को न्यूनतम 21 साल और अधिकतम 40 साल से कम होनी चाहिए। आयोग द्वारा यह पद साल 2024 में विज्ञापित किए गए थे। इसके बाद आयु की गणना 1 जनवरी 2025 को आधार मानकर की गई। हालांकि इन पदों के लिए कोई विज्ञापन जारी नहीं किया। इसलिए अभ्यर्थियों को अधिकतम आयु सीमा में एक साल की अतिरिक्त छूट दी जाएगी। अभ्यर्थियों का सिलेक्शन प्रतियोगी परीक्षा के माध्यम से किया जाएगा। प्रतियोगी परीक्षा दो चरणों में प्रारम्भिक परीक्षा व मुख्य परीक्षा के रूप में ली जाएगी।
बीज कंपनियों पर छापेमारी के बाद पैसा लेकर सैंपल पास करवाने के मामले में एसीबी (ACB) की कार्रवाई के बाद, कांग्रेस ने कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा से इस्तीफे की मांग की है। प्रदेश कांग्रेस ने डॉ. किरोड़ी पर सीधा निशाना साधते हुए पूरे मामले में उनकी मिलीभगत होने के आरोप लगाए हैं। प्रदेश कांग्रेस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (X) पर लिखा- अब सफाइयों का नहीं, जवाबदेही का समय है। अगर जरा सी भी नैतिकता बची है, तो डॉ. किरोड़ी तत्काल इस्तीफा दीजिए, नहीं तो मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को उन्हें तुरंत बर्खास्त करना चाहिए। मंत्री के नजदीकी पैसा लेते एसीबी गिरफ्त में अब क्या बच गया? प्रदेश कांग्रेस ने किरोड़ी को संबोधित करते हुए एक्स पर लिखा - सीकर में संदीप पर आपके नाम से लाखों की उगाही का आरोप लगा, पुलिस ने आरोपी को पकड़ा, लेकिन आपने बचाने की कोशिश की। अब संदीप का नाम ACB की जांच में सामने आ गया है। आपके करीबी गिरफ्तार बीज निगम के पूर्व डायरेक्टर जुगल किशोर विश्नोई की कथित बातचीत में साफ कहा जा रहा है- संदीप वाले लफड़े से सारा मामला उजागर हो गया। गंगानगर वाला पेमेंट मंत्री जी को कुछ नहीं आया। अब क्या बचा है.. कृषि मंत्री किरोड़ी लाल जी? इस्तीफा दीजिए।सीकर में संदीप पर आपके नाम से लाखों की उगाही का आरोप लगा, पुलिस ने आरोपी को पकड़ा, लेकिन आपने बचाने की कोशिश की।अब संदीप का नाम ACB की जांच में सामने आ गया है। आपके करीबी गिरफ्तार बीज निगम के पूर्व डायरेक्टर जुगल… https://t.co/Jg6YT6RPAU pic.twitter.com/Ez6wGuEaxv— Rajasthan PCC (@INCRajasthan) June 10, 2026 सीकर में संदीप के खिलाफ एफआईआर होने के बावजूद मंत्री बचाव में क्यों उतरे? प्रदेश कांग्रेस ने पोस्ट में किरोड़ी को संबोधित करते हुए लिखा- मीडिया के सामने जिस टीम (संदीप और रजनीश) आप पीठ थपथपा रहे थे, क्या ये संदीप इस पूरे उगाही तंत्र में एक और सबसे अहम किरदार है? सबसे बड़ा सवाल ये है कि सीकर में उगाही के आरोपी संदीप के पकड़े जाने और FIR दर्ज होने के बाद भी मंत्री उसके बचाव में क्यों उतरे? किरोड़ी कृषि मंत्री के पद पर बने रहने का आप नैतिक अधिकार खो चुके प्रदेश कांग्रेस ने लिखा- खुद मंत्री ने सार्वजनिक रूप से कहा था कि सीकर में हमारी टीम (संदीप व रजनीश) ने पूरी निष्ठा से कार्य किया है। आज संदीप का नाम करोड़ों के रिश्वतकांड की जांच में सामने आ रहा है, और मंत्री के इशारे पर संदीप को छुड़ाने वाले जुगल किशोर खुद जेल पहुंच चुके हैं। पहले छापेमारी, फिर सेटिंग, उगाही, FIR, गिरफ्तारियां और अब कॉल रिकॉर्डिंग में सब कुछ स्पष्ट हो चुका है। किरोड़ी कृषि मंत्री के पद पर बने रहने का आप नैतिक अधिकार खो चुके हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार के 12 साल पूरे होने के अवसर पर राजस्थान में बुधवार को विशेष धार्मिक आयोजन किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने राज्य स्तर पर जयपुर के मोती डूंगरी गणेश मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दीर्घायु, उत्तम स्वास्थ्य और निरंतर जनसेवा की कामना की। मुख्यमंत्री ने पूजा-अर्चना के बाद मंदिर में मौजूद श्रद्धालुओं को प्रसाद बांटे। इस दौरान विधायक कालीचरण सराफ सहित कई जनप्रतिनिधि और भाजपा पदाधिकारी मौजूद रहे। देवस्थान विभाग की ओर से प्रदेशभर में विशेष आयोजन वहीं केंद्र सरकार के 12 साल पूरे होने के उपलक्ष्य में देवस्थान विभाग की ओर से भी प्रदेशभर के प्रमुख मंदिरों में विशेष पूजा, आरती और प्रार्थना सभाओं का आयोजन किया गया। इन आयोजनों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के यश, स्वास्थ्य और दीर्घायु की कामना की गई। इस संबंध में देवस्थान मंत्री जोराराम कुमावत ने एक दिन पहले शासन सचिवालय में विभागीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक लेकर सभी तैयारियों की समीक्षा की थी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए थे कि प्रदेश, जिला और उपखंड स्तर पर आयोजित होने वाले सभी कार्यक्रमों की व्यवस्थाएं समय पर पूरी की जाएं। जयपुर के प्रमुख मंदिरों में भी हुए कार्यक्रम राज्य स्तरीय मुख्य आयोजन मोती डूंगरी गणेश मंदिर में हुआ, जबकि जयपुर के अन्य प्रमुख मंदिरों में भी विशेष पूजा-अर्चना और देव दर्शन कार्यक्रम आयोजित किए गए। नहर के गणेश मंदिर में भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़, प्रदेश महामंत्री भूपेंद्र सैनी, प्रदेश मंत्री नारायण मीणा और डॉ. अपूर्वा सिंह मौजूद रहे। वहीं गोविंद देवजी मंदिर में संगठन महामंत्री अजेय कुमार, अरुण चतुर्वेदी, अशोक परनामी, अमित गोयल और राजेंद्र राठौड़ ने पूजा-अर्चना में भाग लिया। मंदिरों में पेयजल, छांव और सुरक्षा व्यवस्था के निर्देश देवस्थान मंत्री ने अधिकारियों को गर्मी के मौसम को देखते हुए मंदिरों में श्रद्धालुओं के लिए पेयजल, छांव, साफ-सफाई और सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए थे। साथ ही स्थानीय प्रशासनिक अधिकारियों को कार्यक्रमों की निगरानी और समन्वय की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। उन्होंने कहा था कि इन आयोजनों में आमजन, जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए ताकि कार्यक्रम व्यापक जनसहभागिता के साथ संपन्न हो सकें।
गयाजी में शादी के नाम पर राजस्थान के एक युवक और उसके परिवार से लाखों रुपए की ठगी हो गई। राजस्थान के टोंक जिले के रहने वाले संजय पटवा सोमवार रात परिवार के साथ बेलागंज के दरियापुर गांव बारात लेकर पहुंचे थे। दोनों पक्षों की मौजूदगी में हिंदू रीति-रिवाज से शादी की सारी रस्में पूरी हुईं, सिंदूरदान हुआ, लेकिन विदाई से पहले दुल्हन और उसका पूरा परिवार लाखों रुपए के गहने, कपड़े और कैश लेकर फरार हो गया। दूल्हे का आरोप है कि उन्होंने दुल्हन को मंगलसूत्र, अंगूठी, पायल समेत कई गहने और कपड़े दिए थे। इसके अलावा दुल्हन के घर वालों को ऑनलाइन 1.10 लाख रुपए शगुन के रूप में भेजे गए थे। दूल्हे ने बेलागंज थाने में शिकायत की है। दुल्हन की विदाई से पहले लड़की वालों ने संजय पटवा के परिवार से कहा- ‘लड़की कपड़ा बदल रही है’, लेकिन जब लड़की बाहर नहीं आई तो दूल्हे के परिवार वालों को शक हुआ। कमरे में जाकर देखा तो ताला लटका था। सभी फरार हो गए थे। सिलसिलेवार पढ़िए पूरी कहानी कोडरमा की 'पारो' थी मास्टरमाइंड पीड़ित पक्ष के अनुसार, इस पूरे मामले की कथित मास्टरमाइंड झारखंड के कोडरमा की रहने वाली पारो नामक महिला है। पारो ने संजय पटवा और उसके परिवार को गया में एक युवती से शादी कराने का भरोसा दिलाया था। परिजनों का कहना है कि पारो ने बताया था कि बेलागंज थाना क्षेत्र के दरियापुर गांव में एक गरीब परिवार की लड़की है, जिससे वह संजय की शादी करा सकती है। जिसके बाद संजय अपने परिजनों के साथ सोमवार रात कार से बेलागंज पहुंचे। शादी से जुड़ी कुछ तस्वीरें देखिए लड़के के घर वालों ने बताया कि वो सोमवार की रात राजस्थान बेलागंज पहुंचे। हमें रिसीव करने एक लड़का आया और हमलोगों को एक गांव ले गया। संजय पटवा ने बताया, रात करीब 11:30 बजे हम लोग गांव पहुंचे। वहां का माहौल सामान्य नहीं लगा। न बारात के स्वागत में कोई खड़ा था, न ही नाश्ता-पानी बारात को दिया गया। हमलोग जैसे ही पहुंचे जल्दी शादी करने का दबाव बनाया जाने लगा। जब दूल्हे पक्ष ने कुछ समय मांगा तो लड़की पक्ष के लोग नाराज हो गए और कहा कि पहले शादी करनी होगी, नहीं तो शुभ मुहूर्त निकल जाएगा। इसके बाद रात करीब 3:30 बजे जल्दबाजी में हिंदू रीति-रिवाज से शादी हुई। कैश की जगह मांगा ऑनलाइन पेमेंट, गहने भी समेटे पीड़ित दूल्हे ने बताया कि शादी तय होने के दौरान लड़की वालों ने 1.10 लाख रुपए की मांग की थी। संजय ने सुरक्षा के लिहाज से यह रकम कैश न देकर सीधे लड़की के नंबर पर ऑनलाइन ट्रांसफर कर दिया। इसके अलावा दूल्हे ने दुल्हन को सोने-चांदी का मंगलसूत्र, अंगूठी, पायल और ढोलना (करीब 90 हजार रुपये के आभूषण) और कीमती कपड़े भी दिए। 'हल्की साड़ी' पहनाने के बहाने अंदर गई और भाग निकली शादी के अगले दिन यानी मंगलवार सुबह दोनों पक्षों की सहमति से विदाई होनी थी। सुबह जब दूल्हे ने विदाई की बात कही, तो लड़की वालों ने कहा, “सफर लंबा है, शादी का भारी जोड़ा उतारकर लड़की को हल्की साड़ी पहना देते हैं। आप लोग गाड़ी में बैठिए।” दुल्हन अंदर गई, लेकिन 20-25 मिनट तक जब कोई बाहर नहीं आया तो दूल्हे की भाभी अंदर देखने गईं। अंदर का नजारा देख सबके होश उड़ गए। घर पूरी तरह सूना था, सारे दरवाजे खुले थे और पीछे के रास्ते से दुल्हन लक्ष्मी, चंदीराय, पारो और उसके सभी परिजन गायब हो चुके थे। घर के मुख्य दरवाजे पर ताला लटका था। डायल 112 को सूचना, जांच में जुटी पुलिस ठगे जाने का अहसास होते ही पीड़ित दूल्हे ने तुरंत 'डायल 112' को फोन कर मामले की जानकारी दी और बेलागंज थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई। बेलागंज के थानाध्यक्ष सुनील कुमार द्विवेदी ने बताया कि आवेदन प्राप्त हो गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू कर दी गई है। दूल्हे के पास शादी की तस्वीरें और ऑनलाइन ट्रांजैक्शन के पुख्ता सबूत मौजूद हैं, जिनके आधार पर पुलिस जालसाजों की तलाश कर रही है।
देश में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों की संख्या आठ करोड़ से ज्यादा हो गई है। मगर इसमें राजस्थान की हिस्सेदारी पांच प्रतिशत भी नहीं है। देश में राजस्थान 11वें स्थान पर है। सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार देश भर में उद्यम पंजीकरण की संख्या 8.36 करोड़ पार कर चुकी है। इसमें राजस्थान 4.72% की भागीदारी के साथ देश में 11वें पायदान पर है। यहां कुल पंजीकृत उद्यमों की संख्या 39.46 लाख से अधिक दर्ज की गई है। 93.39 लाख उद्यमों के साथ उत्तर प्रदेश देश में पहले स्थान पर है। इसके बाद महाराष्ट्र 92.21 लाख उद्यमों के साथ दूसरे, पश्चिम बंगाल 59.40 लाख के साथ तीसरे और तमिलनाडु 58.64 लाख उद्यमों के साथ चौथे पायदान पर है। राजस्थान में राजधानी जयपुर व्यापारिक गतिविधियों का सबसे बड़ा केंद्र बनकर उभरी है। यहां कुल 7.78 लाख ऐसे उद्योग धंधे स्थापित हैं। इसके बाद जोधपुर 2.63 लाख उद्यमों के साथ राज्य में दूसरे स्थान पर है। शेखावाटी क्षेत्र में सीकर 1.81 लाख उद्यमों के साथ अग्रणी जिलों में है। झुंझुनू जिले में कुल 1.23 लाख इकाइयां कार्यरत हैं। राजस्थान में मुख्य उद्यम 26.98 लाख हैं, जबकि छोटे व्यापारियों के 12.47 लाख उद्यम चल रहे हैं।प्रदेश में जयपुर और जोधपुर मेगा कमर्शियल हब के रूप में उभरे हैं। जयपुर 7.78 लाख उद्यमों के साथ राज्य का इकलौता ऐसा ज़िला है जो सात लाख के पार निकल चुका है। वहीं, हस्तशिल्प, ग्वार गम और टेक्सटाइल उद्योगों के चलते जोधपुर भी इस श्रेणी में है। शिक्षा के हब सीकर में कोचिंग और सर्विस सेक्टर के उद्यम बढ़े हैं। यहां 1.81 लाख उद्यम संचालित हो रहे हैं। झुंझुनू ज़िले में भी प्रवासी व्यापारियों की मजबूत पृष्ठभूमि के चलते 1.23 लाख इकाइयां पंजीकृत हैं। नए ज़िलों में भी उद्योगों ने गति पकड़ी है। डीडवाना- कुचामन 19,089 उद्यमों के साथ आगे है। कोटपुतली-बहरोड़ में 15,063, बालोतरा में 10,393 और खैरथल-तिजारा में 10,124 उद्यम चल रहे हैं। सीमावर्ती और जनजातीय जिलों में अभी उद्योगों की रफ्तार बड़े शहरों जैसी नहीं है। हालांकि पर्यटन से जुड़े व्यवसाय के चलते जैसलमेर में 26,375 इकाइयां हैं। इधर, प्रतापगढ़ में भी केवल 25,489 उद्यम संचालित हैं।
मानेसर कांड को लेकर सचिन पायलट के खिलाफ दिए गए बयानों को लेकर पूर्व सीएम अशोक गहलोत के ओएसडी रह चुके लोकेश शर्मा ने अब उन पर पलटवार किया है। लोकेश शर्मा ने कहा- अशोक गहलोत सबसे बड़े षड्यंत्रकारी हैं। सरकार गिराने की साजिश से लेकर मानेसर के आरोप पूरी तरह मनगढ़ंत हैं, जिनके कोई सबूत नहीं है। कांग्रेस हाईकमान सचिन पायलट को राजस्थान में कोई बड़ी जिम्मेदारी देने वाला है, इससे गहलोत बौखला गए हैं। लोकेश शर्मा ने जयपुर में मीडिया से बातचीत करते हुए यह कहा। लोकेश शर्मा ने कहा- गहलोत ने हाल ही जिस तरह की बयाबाजी की है, वो उनकी हताशा के अलावा कुछ नहीं है। बयान देते समय गहलोत की बॉडी लैंग्वेज, चेहरे पर लकीरें, माथे पर शिकन थी। इसे मुझसे बेहतर कोई नहीं पहचान पाता, क्योंकि यह तभी होता है, जब कोई चीज उन्हें परेशान कर रही हो। सचिन पायलट से नफरत करते-करते उन्होंने हाईकमान पर सीधा निशाना साधकर षड्यंत्रकारी तक बता दिया। मठाधीश बनकर कांग्रेस को जेब में लेकर घूम रहे थे वो जेब फट चुकी लोकेश शर्मा ने कहा- गहलोत पिछले 40 साल से कांग्रेस को मठाधीश की तरह जेब में रखकर घूम रहे थे, अब वो जेब फट गई है। अब गहलोत ‘खुद न खा सके तो उसे ढुलवा दीजिए’ वाली तर्ज पर काम कर रहे हैं। सचिन पायलट को हाईकमान बड़ी जिम्मेदारी देने जा रहा है। गहलोत उसे नहीं होने देने के प्रयास में बेवजह की बयानबाजी कर रहे हैं। मानेसर का बार-बार नाम लेकर गहलोत उस मनगढ़ंत कहानी को जिंदा रखने की कुचेष्टा ही करते हैं। केवल मनगढ़ंत कहानियां सुनाकर खिसकती जमीन बचाने का प्रयास कर रहे हैं। सरकार गिराने की साजिश के सबूत हैं तो देते क्यों नहीं? लोकेश शर्मा ने कहा- गहलोत कह रहे थे कि तमाशा किया। तमाशा तो 2020 से गहलोत खुद कर रहे हैं। बार-बार ये कहते हैं सरकार गिराने की साजिश के सबूत हैं तो फिर आप उन सबूतों की ममी बनवाकर पिरामिड बनवाएंगे क्या? सबूत हों तो सार्वजनिक कीजिए। सबूत होते तो आपकी एसीबी एसओजी कोर्ट में जाकर नहीं कहती कि कुछ नहीं मिला। अशोक सिंह और भरत मालानी को एसीबी की रिपोर्ट के आधार पर ही कोर्ट से क्लीन चिट मिली। कोर्ट में एसीबी कह चुकी सरकार गिराने का षड्यंत्र नहीं हुआ लोकेश शर्मा ने कहा- कोर्ट में एसीबी कह चुकी है कि सरकार गिराने का कोई षड्यंत्र नहीं हुआ, इसके कोई सबूत नहीं। कोर्ट में एसीबी के इन बयानों के बावजूद ये बार-बार मानेसर का नाम लेते हैं। इनके पास सबूत होते तो एसीबी को क्यों नहीं दिए? केवल बातों से कुछ नहीं होता।
मोहाली में 2 नशा तस्कर गिरफ्तार:12 किलो अफीम बरामद, राजस्थान के रहने वाले; एक पर पहले से केस दर्ज
मोहाली जिले के लालड़ू में पुलिस ने 12 किलोग्राम अफीम के साथ 2 नशा तस्करों को गिरफ्तार किया है। इनमें से एक आरोपी पहले भी अफीम तस्करी के मामले में पकड़ा जा चुका है। यह गिरफ्तारी पंजाब में नशा तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत हुई है। एसएसपी हरमनदीप सिंह हंस ने बताया कि थाना लालड़ू की पुलिस अंबाला-चंडीगढ़ हाईवे पर गांव झरमड़ी के पास गश्त कर रही थी। इस दौरान 2 संदिग्ध व्यक्तियों को रोका गया। तलाशी लेने पर दिनेश कुमार के बैग से 8 किलोग्राम और उसके साथी रूप चंद (72) निवासी राजस्थान के बैग से 4 किलोग्राम अफीम बरामद हुई। कोर्ट ने 5 दिन के रिमांड पर भेजा गिरफ्तार आरोपियों में से एक दिनेश कुमार सुमन निवासी झालावाड़ (राजस्थान) है। उसके खिलाफ साल 2019 में भी एनसीबी चंडीगढ़ द्वारा एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया था। उस समय उसके कब्जे से 19 किलो 800 ग्राम अफीम बरामद हुई थी। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है। उन्हें कोर्ट में पेश कर 5 दिन का पुलिस रिमांड हासिल किया गया है। मामले की जांच कर रही पुलिस जांच अधिकारी अब यह पता लगाने में जुटे हैं कि अफीम की यह खेप कहां से लाई गई थी और इसे पंजाब में किन क्षेत्रों में सप्लाई किया जाना था। पुलिस को आशंका है कि आरोपियों के तार किसी बड़े अंतरराज्यीय नशा तस्करी नेटवर्क से जुड़े हो सकते हैं। रिमांड के दौरान इस मामले में कई अहम खुलासे होने की उम्मीद है।
दौसा के भांडारेज कस्बे की दिव्यांशी जांगिड़ (18) ने मिस राजस्थान 2026 की टॉप-28 फाइनलिस्ट जगह बनाई है। जयपुर में आयोजित सैश सेरेमनी में 6500 प्रतिभागियों में से उनका चयन हुआ। अब वे प्रदेश के सबसे प्रतिष्ठित ब्यूटी पेजेंट के फाइनल मुकाबले में भाग लेंगी। चयन प्रक्रिया में उनकी स्टेज प्रेजेंस, अनुशासन, आत्मविश्वास और व्यक्तित्व ने निर्णायकों को प्रभावित किया। एक जवाब ने दिलाई फाइनलिस्ट की जगहऑडिशन के दौरान निर्णायकों ने दिव्यांशी से पूछा कि ग्रामीण परिवेश में मॉडलिंग को लेकर कई भ्रांतियां होती हैं, ऐसे में उन्हें परिवार का सहयोग कैसे मिला। इस पर दिव्यांशी ने बताया कि उनके पिता दीनदयाल जांगिड़ फर्नीचर कारीगर हैं और माता मुत्री देवी गृहिणी हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति साधारण रही और दोनों बड़े भाई अपने सपनों को पूरा नहीं कर सके तथा पिता के काम में हाथ बंटाने लगे। ऐसे समय में उनकी मां ने उन्हें अपने सपनों को पूरा करने के लिए प्रेरित किया और हर कदम पर साथ देने का भरोसा दिया। 'गांव की बेटियों के लिए बनना चाहती हूं प्रेरणा'दिव्यांशी ने निर्णायकों से कहा कि यदि वह सफल होती हैं तो गांव की लड़कियों के लिए मॉडलिंग के क्षेत्र में प्रेरणा बनेंगी, क्योंकि ग्रामीण क्षेत्रों की युवतियां अभी भी इस क्षेत्र में कम आगे आती हैं। उनके इस आत्मविश्वासपूर्ण जवाब और स्पष्ट सोच से निर्णायक काफी प्रभावित हुए, जिसके चलते उन्हें टॉप-28 फाइनलिस्ट में स्थान मिला। बीए-बीएसटीसी की छात्रा, पहली बार में ही सफलतादिव्यांशी वर्तमान में बीए-बीएसटीसी की पढ़ाई कर रही हैं और अपने गांव में ही रहती हैं। उन्हें सोशल मीडिया के माध्यम से मिस राजस्थान प्रतियोगिता की जानकारी मिली, जिसके बाद उन्होंने आवेदन किया। उन्होंने बताया कि बचपन से ही ब्यूटी क्वीन बनने का सपना देखा था। 18 वर्ष की आयु पूरी होने के बाद उन्होंने पहली बार इस प्रतियोगिता के लिए ऑडिशन दिया और सीधे फाइनलिस्ट की सूची में जगह बना ली। फाइनलिस्ट बनने की खबर उन्होंने सबसे पहले अपनी मां को दी। बेटी की इस उपलब्धि से पूरा परिवार उत्साहित है। ग्रामीण सोच की चुनौतियों को किया पारग्रामीण परिवेश में पली-बढ़ी दिव्यांशी के लिए मॉडलिंग की दुनिया तक पहुंचना आसान नहीं था। गांवों में आज भी फैशन और मॉडलिंग को लेकर सीमित सोच देखने को मिलती है। शुरुआत में उन्हें भी कई सामाजिक और मानसिक चुनौतियों का सामना करना पड़ा, लेकिन उन्होंने अपने लक्ष्य से समझौता नहीं किया। परिवार को अपने सपनों पर विश्वास दिलाने के बाद उन्होंने जयपुर का रुख किया और लगातार मेहनत के दम पर यह मुकाम हासिल किया। ग्रुमिंग और ट्रेनिंग ने बढ़ाया आत्मविश्वासदिव्यांशी ने बताया - मिस राजस्थान मंच पर एक माह तक चली ग्रुमिंग ट्रेनिंग, पर्सनैलिटी डेवलपमेंट सेशन और विशेषज्ञों के मार्गदर्शन ने उनके आत्मविश्वास को नई ऊंचाई दी। इन सत्रों ने उन्हें मंच पर बेहतर प्रदर्शन करने और खुद को निखारने का अवसर दिया। फाइनल में ताज जीतने का लक्ष्यदिव्यांशी जांगिड़ का कहना है कि मिस राजस्थान से जुड़े कई विजेता राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय ब्यूटी पेजेंट्स में अपनी पहचान बना चुके हैं। अब उनका लक्ष्य फाइनल मुकाबले में बेहतर प्रदर्शन कर ताज जीतना और फैशन जगत में अपनी अलग पहचान बनाना है। खास बात यह है कि इस वर्ष दौसा जिले से फाइनलिस्ट सूची में पहुंचने वाली वह एकमात्र युवती हैं।
बॉलीवुड के दिग्गज निर्देशक विक्रम भट्ट और उनकी पत्नी श्वेताम्बरी भट्ट को राजस्थान पुलिस ने गिरफ्तार किया है। दोनों पर उदयपुर के एक व्यापारी से 30 करोड़ रुपए की धोखाधड़ी का आरोप है। विक्रम और उनकी पत्नी को मुंबई के यारी रोड इलाके के गंगा भवन ...
दिल्ली के बाद अब राजस्थान में भी टैक्स फ्री हुई फिल्म '120 बहादुर'
एक्सेल एंटरटेनमेंट और ट्रिगर हैपी स्टूडियोज की वॉर एपिक '120 बहादुर' आखिरकार सिनेमाघरों में रिलीज हो गई है, और इसके साथ ही पूरे देश में जबरदस्त उत्साह की लहर दौड़ गई है। साल की सबसे ज्यादा चर्चा वाली फिल्मों में शामिल इस फिल्म को मीडिया और ...
राजस्थान बोर्ड ने जारी किया 10वीं-12वीं सप्लीमेंट्री परीक्षा 2024 का शेड्यूल, यहां करें चेक
Rajasthan Board 10th-12th Supplementary Exam 2024: राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) ने बीएसईआर सप्लीमेंट्री परीक्षा 2024 की डेटशीट जारी कर दी है। जिन छात्रों के परीक्षा में 33 प्रतिशत से कम अंक
क्या 6 महीने बाद फिर से राजस्थान के इस महल में शादी करने जा रहे हैं विक्की कैट
राजस्थान अपने खूबसूरत किलों और महलों के लिए विश्वभर में जाना जाता है। कला और संस्कृति के इस अनूठे संगम, शाही ठाठ बाठ समेत राजपुताना वास्तुकला का आनंद उठाने दुनिया के कोने-कोने से पर्यटक यहां आते हैं..........
Salman Khan फायरिंग केस में आया सनसनीखेज अपडेट, राजस्थान के इस राज्य से पकड़ा गया मामले का एक और आरोपी
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'एकलव्य' के बारे में कुछ अनकहे किस्से
एकलव्य : रॉयल गार्ड का मूल नाम यज्ञ था। उत्पादन 2005 की शुरुआत में शुरू हुआ..........
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'परमाणु' के बारे में कुछ अनकहे किस्से
जॉन अब्राहम की फिल्म 'परमाणु- द स्टोरी ऑफ पोखरण' को रिलीज हुए 6 साल हो गए हैं। यह फिल्म 25 मई 2018 को रिलीज हुई थी..........
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'बादशाहो' के बारे में कुछ अनकही बाते
बादशाहो एक पीरियड एक्शन-थ्रिलर थी.......
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'हाईवे' के बारे में कुछ रोचक बाते
जब इम्तियाज अली द्वारा निर्देशित यह रोड ड्रामा प्रसारित हुआ, जिसमें आलिया भट्ट और रणदीप हुडा ने अभिनय किया, तो लोगों ने इसे बहुत प्यार दिया, न केवल इसकी अभूतपूर्व कहानी के कारण, बल्कि भट्ट के उत्कृष्ट प्रदर्शन के कारण भी...........
देसी मिट्टी से शाहरुख खान ने कमा डाले 200 करोड़ रुपये, राजस्थान में करी थी फिल्म जवान की शूटिंग?
शाहरुख खान की फिल्म जवान ने पहले तीन दिनों में 200 करोड़ रुपये की कमाई कर शानदार प्रदर्शन किया है. 7 सितंबर को सिनेमाघरों में रिलीज हुई इस फिल्म ने 75 करोड़ की बड़ी ओपनिंग का रिकॉर्ड बनाया है............
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'ये जवानी है दीवानी' के बारे में कुछ रोचक बाते
उदयपुर में शूट की गई रोमांटिक और कॉमेडी फिल्मों की जबरदस्त अवधारणाओं में से एक का निर्माण करण जौहर द्वारा किया गया था और अयान मुखर्जी द्वारा निर्देशित किया गया था। यह उदयपुर में शूटिंग की गई सबसे लोकप्रिय फिल्मों में से एक थी.........
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'गाइड' के बारे में कुछ अनकही बाते
उदयपुर में शूट की गई पहली फिल्मों में से एक वहीदा रहमान और देव आनंद अभिनीत एक रोमांस ड्रामा थी। यह फिल्म आर.के. नारायण के प्रसिद्ध उपन्यास पर आधारित है, जिसे व्यापक रूप से भारतीय सिनेमा उद्योग की उपलब्धियों में से एक माना जाता है.............
फिल्मों की शूटिंग के लिए बेस्ट लोकेशन बन रहा राजस्थान का अलवर
राजस्थान प्रदेश का अलवर जिला इन दिनों फिल्मों और वेब सीरीज समेत शॉर्ट फिल्मों के लिए बेस्ट लोकेशन बनता जा रहा है। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि बॉलीवुड एक्टर उज्जवल चोपड़ा अपनी शॉर्ट फिल्म की 4 दिन की शूटिंग के लिए अलवर पहुंचे..........
बॉलीबुड और हॉलीवुड फिल्मों के लिए फेमस है राजस्थान की ये जगहे, देखें वीडियो
राजस्थान और फिल्में हमेशा से मनोरंजन का तड़का लगाती रही हैं। राजधानी जयपुर हमेशा से फिल्म निर्माताओं की पसंदीदा रही है। 'पिंक सिटी' में एक-दो नहीं बल्कि कई बॉलीवुड फिल्मों की शूटिंग हो चुकी है......
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'लगान' के बारे में कुछ रोचक तथ्य
मिस्टर परफेक्शनिस्ट के नाम से मशहूर आमिर खान की फिल्म 'लगान' उनके फिल्मी करियर के लिए मील का पत्थर साबित हुई। फिल्म में एक ऐसे गांव का चित्रण किया गया था जहां के लोग किराए के बोझ तले दबे हुए थ......
करण-अर्जुन की शूटिंग के बाद मशहूर हुई राजस्थान की ये जगहे
आप सभी ने फिल्म अर्जुन तो देखी ही होगी, यह उस समय की ब्लॉकबस्टर फिल्म थी। और इस फिल्म में दिखाया गया गांव और ठाकुर दुर्जन सिंह की हवेली सभी को याद होगी. लेकिन ज्यादातर लोगों को ये नहीं पता कि इस फिल्म की शूटिंग किस गांव में हुई थी.........
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'बॉर्डर' के बारे में कुछ अनोखी बातें
सनी देओल, जैकी श्रॉफ, सुनील शेट्टी, अक्षय खन्ना, सुदेश बेरी, पुनीत इस्सर और कुलभूषण खरबंदा अभिनीत फिल्म बॉर्डर ने अपनी रिलीज के 26 साल पूरे कर लिए हैं। 1971 के वास्तविक जीवन के भारत-पाकिस्तान युद्ध पर आधारित और लोंगेवाला की लड़ाई की सच्ची घटनाओं पर आधारित, बॉर्डर 1997 में रिलीज़ हुई थी और इसका निर्देशन जेपी दत्ता ने किया था............
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'बोल बच्चन' के बारे में कुछ अनोखी बातें
रोहित शेट्टी की फिल्म 'बोल बच्चन' में अभिषेक बच्चन, अजय देवगन और असिन नजर आए हैं. फिल्म की आधे से ज्यादा शूटिंग पिंक सिटी जयपुर में हुई है. फिल्म का हिट गाना 'चलाओ न नैनों से बाण रे' की शूटिंग जयपुर के मशहूर रिजॉर्ट चोखी ढाणी में हुई है......
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'बाजीराव मस्तानी' के बारे में कुछ अनोखी बातें
राजस्थान और फिल्मों का साथ हमेशा से ही एंटरटेनमेंट का तड़का लगा रहा है. राजधानी जयपुर (Jaipur) हमेशा से ही फिल्मकारों की पसंद रही है. बॉलीवुड की एक-दो नहीं बल्कि कई फिल्में 'पिंक सिटी' में शूट हो चुकी हैं.......
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'बद्रीनाथ की दुल्हनिया' के बारे में कुछ अनोखी बातें
जब आलिया भट्ट और वरुण धवन अपनी फिल्म 'बद्रीनाथ की दुल्हनिया' के प्रमोशन के लिए जयपुर आए तो यह उनके लिए घर वापसी जैसा था। आप पूछेंगे कैसे? दोनों ने राजस्थान में फिल्म की शूटिंग के लिए इतना समय बिताया है कि उन्हें लगता है कि वे यहीं के हैं.....
Rajasthan 12th Board: दो दिन बाद समाप्त होंगे पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन, ऐसे भरें फॉर्म
राजस्थान बोर्ड कक्षा 12वीं रिजल्ट 2024: पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन करने की आखिरी तारीख 30 मई है। जो छात्र अपने अंक से असंतुष्ट हैं, वे आवेदन कर सकते हैं। आइए जानते हैं, कैसे करना है आवेदन। यहां देखें
कभी राजस्थान में हुई थी इस फेमस मूवी की शूटिंग, देखें वायरल वीडियो
राजस्थान के बीकानेर ज़िले में स्थित लक्ष्मी निवास पैलेस अपनी भव्यता से भर जाता है.यह आलीशान और लग्ज़री होटल है, जिसकी बनावट और महीन कारीगरी काफ़ी खास है.इस पैलेस को 1904 में महाराजा गंगा सिंह के लिए बनवाया गया था.......
फिल्म करण अर्जुन 1995 में रिलीज हुई थी। रिलीज के इतने साल बाद भी फिल्म करण अर्जुन का नशा लोगों के दिलों में इस कदर छाया हुआ है कि लोग इसे भूल नहीं पाते हैं। आज हम इस फिल्म से जुड़ी कुछ दिलचस्प बातों के बारे में बात करेंगे......
पिछले कई महीनों से एक दर्जन सहित क्षेत्रीय भाषा और विदेशी फिल्मों की शूटिंग का हिस्सा रही जैसलमेर की धरती पर लाइट...एक्शन...कैमरे की आवाज नहीं गूंज रही है। एक साल में दर्जनों बॉलीवुड फिल्में......
रेत के टीलों से लेकर ऐतिहासिक स्मारकों तक, राजस्थान सभी फिल्म निर्माताओं को शूटिंग के लिए आकर्षित करता रहा है। जयपुर, जोधपुर जैसे शहरों की ऐतिहासिक विरासत से लेकर जैसलमेर, बाड़मेर जैसे जिलों के रेत के टीलों तक, यहां सब कुछ अनोखा है.....
जॉली एलएलबी की तीसरी किस्त में अक्षय कुमार और अरशद वारसी स्क्रीन शेयर करने जा रहे हैं। शूटिंग राजस्थान में चल रही थी और उन्होंने पहला शेड्यूल पूरा कर लिया है। हाल ही में, अभिनेताओं ने शूटिंग खत्म करते हुए एक मजेदार वीडियो साझा किया। कुछ ही देर में ये वायरल हो गया। दोनों को बड़ी मुस्कान के साथ बाइक चलाते देखा गया। अक्षय और अरशद ने इंस्टाग्राम पर वीडियो शेयर किया अक्षय और अरशद ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर वीडियो साझा किया और लिखा, “और यह एक शेड्यूल रैप है! जैसा कि आप देख सकते हैं कि दोनों जॉलीज़ ने राजस्थान में अच्छा समय बिताया। वीडियो में दोनों सड़क पर बाइक चला रहे हैं। अरशद की शर्ट खून से लथपथ है. हाल ही में, बड़ी संख्या में अक्षय के प्रशंसक उनकी फिल्म के सेट पर उन्हें आश्चर्यचकित करने और उनके साथ तस्वीरें लेने के लिए पहुंचे। अब सोशल मीडिया पर सामने आई तस्वीरों में, राम सेतु अभिनेता को जॉली एलएलबी 3 के सेट पर उनका स्वागत करने आए लोगों के लिए तस्वीरें लेते और ऑटोग्राफ देते देखा जा सकता है। अक्षय पहले भी वीडियो शेयर कर चुके हैं इससे पहले, जॉली एलएलबी 3 के सेट से एक बिहाइंड द सीन वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया था जिसमें अक्षय शर्टलेस बैठे नजर आ रहे थे और उन्होंने सन बाथ का भी आनंद लिया था। वीडियो को इंस्टाग्राम पर शेयर करते हुए अक्षय के फैन पेज ने लिखा, @अक्षयकुमार #JollyLLB3 के सेट पर सन बाथ ले रहे हैं...अगर आप ठीक से सुनेंगे तो बजरंग बैन चल रहा है। बता दें, अक्षय कुमार ने इस महीने की शुरुआत में जॉली एलएलबी 3 की शूटिंग शुरू की थी, जब उन्होंने सेट से एक मजेदार वीडियो भी जारी किया था। वीडियो में अक्षय के साथ अरशद वारसी भी शामिल थे और दोनों काले कपड़े पहने नजर आ रहे थे। इसकी शुरुआत अक्षय द्वारा सभी को जगदीश त्यागी उर्फ जॉली बीए एलएलबी डुप्लिकेट से सावधान रहने की चेतावनी देने से हुई। इसके बाद, अरशद को खुद को असली जॉली के रूप में पेश करते देखा गया। जॉली एलएलबी की 3 किस्त आ रही है पहली जॉली एलएलबी फिल्म, जो 2013 में रिलीज हुई थी, जिसमें अरशद वारसी और सौरभ शुक्ला मुख्य भूमिका में थे। दूसरी ओर, फिल्म का सीक्वल 2017 में सिनेमाघरों में आया जिसमें अक्षय कुमार ने अरशद वारसी की जगह ली। उनके साथ हुमा कुरेशी भी उनकी प्रेमिका के रूप में शामिल हुईं। कथित तौर पर, तीसरी किस्त में, अक्षय कुमार और अरशद वारसी आमने-सामने होंगे, जबकि सौरभ शुक्ला जज के रूप में अपनी भूमिका निभाएंगे। हालांकि, अभी तक मेकर्स ने फिल्म की कहानी को लेकर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है। View this post on Instagram A post shared by Akshay Kumar (@akshaykumar)
सलमान खान के घर फायरिंग मामला: मुंबई क्राइम ब्रांच ने पांचवें आरोपी को राजस्थान से गिरफ्तार किया
सलमान खान के घर फायरिंग मामले में ताजा घटनाक्रम में मुंबई क्राइम ब्रांच ने मंगलवार को पांचवें आरोपी मोहम्मद चौधरी को राजस्थान से गिरफ्तार कर लिया है। इंडिया टीवी के अतुल सिंह की एक रिपोर्ट के अनुसार, मोहम्मद चौधरी ने दो शूटरों, सागर पाल और विक्की गुप्ता को पैसे देकर और रेकी करके भी मदद की। क्राइम ब्रांच के मुताबिक, चौधरी को आज मुंबई लाया जा रहा है जहां उसे किला कोर्ट में पेश किया जाएगा और पांच दिन की हिरासत की मांग की जाएगी। इसे भी पढ़ें: Kareena Kapoor Khan ने Saif Ali Khan के बड़े बेटे इब्राहिम की नवीनतम तस्वीरों पर सबसे मनमोहक टिप्पणी की इससे पहले, अनुज थापन नाम के एक आरोपी ने पुलिस हिरासत में चादर से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। बता दें, अनुज पर शूटरों को हथियार मुहैया कराने का आरोप है। थापन को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इससे पहले, बांद्रा में अभिनेता के आवास के बाहर गोलीबारी करने वाले दोनों शूटर विक्की गुप्ता और सागर पाल को गुजरात के भुज से हिरासत में लिया गया था। इसे भी पढ़ें: सलमान खान के घर के बाहर गोली चलाने के मामले में लॉरेंस बिश्नोई गिरोह का सदस्य गिरफ्तार सलमान खान के घर फायरिंग मामले की जानकारी मुंबई क्राइम ब्रांच के मुताबिक, कथित तौर पर सलमान खान के घर के बाहर फायरिंग करने वाले शूटरों के पास दो बंदूकें थीं और उन्हें 10 राउंड गोलियां चलाने का आदेश दिया गया था. 14 अप्रैल की सुबह, दो व्यक्ति मोटरसाइकिल पर आए और अभिनेता के आवास गैलेक्सी अपार्टमेंट के बाहर चार गोलियां चलाईं। घटना के बाद हमलावर तेजी से मौके से भाग गए। निगरानी फुटेज से पता चला कि दोनों संदिग्धों ने टोपी पहन रखी थी और बैकपैक ले रखा था। इस महीने की शुरुआत में मुंबई क्राइम ब्रांच ने गृह मंत्रालय को पत्र लिखकर गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के भाई अनमोल के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी करने का अनुरोध किया था. अनमोल बिश्नोई ने घटना के कुछ घंटों बाद अपने फेसबुक प्रोफाइल के जरिए सलमान खान के घर पर हुई फायरिंग की जिम्मेदारी ली थी। सलमान खान की नवीनतम सार्वजनिक उपस्थिति सलमान खान हाल ही में लंदन में थे जहां उन्होंने ब्रिटेन के ब्रेंट नॉर्थ निर्वाचन क्षेत्र से सांसद बैरी गार्डिनर से मुलाकात की। इंटरनेट पर कई तस्वीरें वायरल हुईं, जिनमें बैरी और सलमान दोनों वेम्बली स्टेडियम के अंदर नजर आ रहे हैं।
अपनी बायोपिक में Shahrukh Khan को काम करते देखना चाहता है ये मशहूर विदेशी क्रिकेटर,Rajasthan Royals टीम का है हिस्सा
भारत के राष्ट्रीय प्रसारक Doordarshan ने नए लोगो का अनावरण किया, जिसका रंग लाल से नारंगी हुआ
भारत सरकार के स्वामित्व वाले सार्वजनिक टेलीविजन प्रसारक दूरदर्शन ने अपने समाचार चैनल डीडी न्यूज का लोगो लाल से बदलकर भगवा कर दिया है। यह लोगो 16 अप्रैल, 2024 को लागू हुआ, जिसने पिछले लाल वाले को बदल दिया। अपने आधिकारिक सोशल मीडिया पेजों के माध्यम से, डीडी न्यूज़ ने कहा कि उनके मूल्य वही रहेंगे और वे अब एक नए अवतार में उपलब्ध हैं। इसे भी पढ़ें: Barahi Devi Temple: बाराही देवी मंदिर में दर्शन मात्र से दूर होती है गंभीर बीमारियां, जानिए मंदिर से जुड़ी मान्यता पोस्ट में कहा गया एक ऐसी समाचार यात्रा के लिए तैयार हो जाइए जो पहले कभी नहीं देखी गई.. बिल्कुल नए डीडी न्यूज का अनुभव करें। हमारे पास यह कहने का साहस है: गति से अधिक सटीकता, दावों से अधिक तथ्य, सनसनीखेज से अधिक सत्य। क्योंकि अगर यह डीडी न्यूज पर है, तो यह सच है। दूरदर्शन का इतिहास दूरदर्शन ने 15 सितंबर, 1959 को सार्वजनिक सेवा प्रसारण में एक मामूली प्रयोग के साथ शुरुआत की। यह प्रयोग 1965 में एक सेवा बन गया जब दूरदर्शन नई दिल्ली और उसके आसपास के लिविंग रूम में टेलीविजन सेट तक पहुंच गया। 1975 तक सेवाओं को मुंबई, अमृतसर और सात अन्य शहरों तक बढ़ा दिया गया। 1 अप्रैल, 1976 को यह सूचना और प्रसारण मंत्रालय में एक अलग विभाग के अंतर्गत आ गया। 1982 में दूरदर्शन राष्ट्रीय प्रसारक बन गया। इसे भी पढ़ें: Rajasthan: पाली में बोले अमित शाह, हम भारत को दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा अर्थतंत्र बना देंगे, ये मोदी की गारंटी है 1982 में, दूरदर्शन का रंगीन संस्करण तत्कालीन प्रधान मंत्री इंदिरा गांधी के स्वतंत्रता दिवस के भाषण के सीधे प्रसारण के साथ शुरू हुआ, इसके बाद दिल्ली में 1982 के एशियाई खेलों का रंगीन प्रसारण हुआ। वर्तमान में, दूरदर्शन 6 राष्ट्रीय चैनल और 17 क्षेत्रीय चैनल संचालित करता है। राष्ट्रीय चैनलों में डीडी नेशनल, डीडी इंडिया, डीडी किसान, डीडी स्पोर्ट्स, डीडी उर्दू और डीडी भारती शामिल हैं। दूसरी ओर, डीडी अरुणप्रभा, डीडी बांग्ला, डीडी बिहार, डीडी चंदना, डीडी गिरनार, डीडी मध्य प्रदेश, डीडी मलयालम, डीडी नॉर्थ ईस्ट, डीडी ओडिया, डीडी पोधिगई, डीडी पंजाबी, डीडी राजस्थान, डीडी सह्यगिरी, डीडी सप्तगिरी, डीडी उत्तर प्रदेश, डीडी यादगिरी और डीडी काशीर इसके क्षेत्रीय चैनल हैं। While our values remain the same, we are now available in a new avatar. Get ready for a news journey like never before.. Experience the all-new DD News! We have the courage to put: Accuracy over speed Facts over claims Truth over sensationalism Because if it is on DD News, it… pic.twitter.com/YH230pGBKs — DD News (@DDNewslive) April 16, 2024

