बंगाल जीतने के बाद NDA बिहार में शक्ति प्रदर्शन करने जा रहा है। 7 मई को सीएम सम्राट चौधरी के मंत्रिमंडल का विस्तार होगा। पटना के गांधी मैदान में 27 मंत्री शपथ ले सकते हैं। पीएम नरेंद्र मोदी शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होंगे। उनका हेलिकॉप्टर सीधे गांधी मैदान में उतरेगा। शपथ ग्रहण समारोह के लिए कैसी तैयारी है? सुरक्षा के कैसे इंतजाम हैं? पढ़िए रिपोर्ट…। बिहार में दिखेगा बंगाल जीत का जश्न बंगाल में मिली जीत को भव्य तरीके से सेलिब्रेट करने के लिए पटना के गांधी मैदान में शपथ ग्रहण समारोह रखा गया है। इसमें पीएम नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समेत भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्री मौजूद रहेंगे। देखें तैयारियों की कुछ तस्वीरें… 3 मंच बनाए जा रहे, 12 हजार स्क्वायर फीट में खड़ा हो रहा पंडाल गांधी मैदान में 3 मंच बनाए जा रहे हैं। इसके साथ ही 12 हजार स्क्वायर फीट में पंडाल खड़ा किया जा रहा है। यहां जर्मन हैंगर कहा जाने वाला खास टेंट लग रहा है। यह इतना मजबूत होता है कि तेज हवा में भी नहीं उड़े और बारिश होने पर पानी अंदर न आए। मुख्य मंच: इस मंच पर मंत्रियों को राज्यपाल सय्यद अता हसनैन शपथ दिलाएंगे। यहां नरेंद्र मोदी, अमित शाह, नितिन नवीन, नीतीश कुमार समेत बड़े नेता मौजूद रहेंगे। जनप्रतिनिधि मंच: इस मंच पर राज्य के सभी विधायक और विधान पार्षद (MLC) बैठेंगे। यह मंच राजनीतिक प्रतिनिधियों की मौजूदगी को व्यवस्थित रखने के लिए बनाया जा रहा है। सांस्कृतिक मंच: कार्यक्रम को आकर्षक बनाने के लिए सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी आयोजित की जाएंगी। स्थानीय कलाकार बिहार की संस्कृति और परंपरा की झलक पेश करेंगे। 27 मंत्री ले सकते हैं शपथ मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने 15 अप्रैल को सीएम पद की शपथ ली थी। उनके साथ जदयू के दो नेताओं (विजय चौधरी और बिजेंद्र यादव) ने डिप्टी सीएम पद की शपथ ली थी। 7 मई को 27 मंत्री गांधी मैदान में शपथ ले सकते हैं। इनमें भाजपा से 12, जदयू से 11, लोजपा (रा.) से 2 तथा हम व रालोमो से 1-1 मंत्री होंगे। आगे की राजनीतिक संभावनाओं के मद्देनजर मंत्रियों की 6 सीटें खाली रखने की संभावना है। विधायकों की संख्या के हिसाब से बिहार में मुख्यमंत्री समेत कुल 36 मंत्री बन सकते हैं। सीधे गांधी मैदान में उतरेगा पीएम मोदी का हेलिकॉप्टर गांधी मैदान के पास के होटलों में ठहरेंगे वीवीआईपी शपथ ग्रहण समारोह के लिए अगर कोई अतिथि पहले आते हैं तो उन्हें गांधी मैदान के पास के होटलों में ठहराया जाएगा। इससे उन्हें गांधी मैदान पहुंचने में परेशानी नहीं होगी। राजभवन से बेली रोड, फ्रेजर रोड होते गांधी मैदान तक ट्रैफिक में बदलाव किया जाएगा। गांधी मैदान में वीआईपी एंट्री पूरी तरह अलग रहेगी ट्रैफिक DSP अनील कुमार ने बताया, ‘शहर में संभावित भीड़ और वीआईपी मूवमेंट को ध्यान में रखते हुए पटना ट्रैफिक पुलिस ने रूट डायवर्जन प्लान लागू किया है। समारोह स्थल पर वीआईपी एंट्री पूरी तरह अलग रहेगी ताकि सुरक्षा और आने-जाने में कोई परेशानी न हो।’ उन्होंने कहा, ‘एयरपोर्ट जाने वाले यात्रियों को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने एक लेन को पूरी तरह चालू रखने का फैसला किया है। इससे फ्लाइट पकड़ने वालों को किसी प्रकार की दिक्कत नहीं होगी।’ 6 और 7 नंबर गेट से गांधी मैदान में प्रवेश करेंगे आम लोग DSP ने कहा, 'डाक बंगला चौराहा, भट्टाचार्या रोड, बाकरगंज, कारगिल चौक और पुलिस लाइन तिराहा से आम लोगों की गाड़ियों को 7 मई को सुबह 7 बजे से गांधी मैदान की ओर नहीं जाने दिया जाएगा। जो लोग इस कार्यक्रम में शामिल होने आएंगे उनकी गाड़ियों को ही गांधी मैदान जाने दिया जाएगा।’ उन्होंने कहा, ‘पास रखने वाले लोगों की गाड़ी 4 नंबर गेट से गांधी मैदान में प्रवेश करेगी। किसी एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड की गाड़ी को आने-जाने में परेशानी नहीं होगी। मरीज चाहे रिक्शा से क्यों न जाए, उसे नहीं रोका जाएगा। आम लोग 6 नंबर और 7 नंबर गेट से गांधी मैदान में प्रवेश करेंगे।’ गांधी मैदान आएंगे 2 लाख लोग 15 अप्रैल को सम्राट चौधरी के रूप में बिहार में भाजपा के पहले सीएम ने शपथ लिया था। इससे पहले NDA की सरकार तो थी, लेकिन CM जदयू के नीतीश कुमार बनते रहे। पहली बार बिहार में अपना मुख्यमंत्री बनाने का मौका आया तो भाजपा ने शपथ ग्रहण समारोह भव्य बनाने की जगह सादगी बरती। सम्राट ने लोक भवन (राज भवन) में शपथ लिया। इसके बाद कैबिनेट विस्तार और मंत्रियों के शपथ ग्रहण समारोह का इंतजार था। उम्मीद के अनुसार बंगाल जीतने के बाद भाजपा ने इसके लिए बड़े स्तर पर आयोजन किया है। गांधी मैदान में 2 लाख लोगों के आने की संभावना है। पार्टी के नेता गांव-गांव से लोगों को गांधी मैदान लाने में जुटे हैं। बंगाल में भाजपा राज, 206 सीटें जीती
बिहार के सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव मंगलवार को अपने परिवार के साथ उज्जैन स्थित महाकालेश्वर मंदिर पहुंचे। उन्होंने यहां विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। मंदिर समिति द्वारा उनका सम्मान भी किया गया। दर्शन के बाद मीडिया से बातचीत में पप्पू यादव ने देश में मानवता और लोकतंत्र की मजबूती की कामना की। यादव ने कहा कि उनकी प्रार्थना है कि देश में द्वेष की राजनीति समाप्त हो तथा संविधान और इंसानियत की रक्षा हो। उन्होंने पश्चिम बंगाल चुनाव परिणामों को लेकर भी सवाल उठाए। बिहार का चुनाव साम, दाम, दंड, भेद से जीता गया पप्पू यादव ने आरोप लगाया कि चुनाव निष्पक्ष नहीं रहा और 'साम, दाम, दंड, भेद' जैसी नीतियों तथा एजेंसियों के दुरुपयोग से परिणाम प्रभावित किए गए। उन्होंने चुनाव आयोग की भूमिका पर भी सवाल खड़े करते हुए कहा कि कई सीटों पर जबरन जीत दिलाई गई, जिससे लोकतंत्र की भावना आहत हुई है। इसी क्रम में, प्रसिद्ध फिल्म अभिनेता गोविंद नामदेव ने भी अपने परिवार के साथ बाबा महाकाल के दर्शन किए। उन्होंने मंदिर की व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए कहा कि उन्हें यहां आकर अद्भुत ऊर्जा का अनुभव होता है। हालांकि, नामदेव ने यह भी कहा कि सुरक्षा कारणों से गर्भगृह में प्रवेश न मिल पाने के कारण भक्तों को थोड़ी दूरी महसूस होती है। उन्होंने बताया कि वे पिछले 30 वर्षों से महाकाल के दर्शन करने आ रहे हैं और हर बार उन्हें नई ऊर्जा मिलती है। गोविंद नामदेव ने 'शोला और शबनम' से अपने फिल्मी सफर की शुरुआत की थी। राष्ट्रीय नाटक विद्यालय के पूर्व छात्र रहे हैं। उन्होंने 'बैंडिट क्वीन', 'सरफरोश', 'सत्या', 'ओह माय गॉड' और 'जॉनी गद्दार' जैसी फिल्मों में अपने अभिनय से खास पहचान बनाई है।
सिंगरौली जिले के बैढ़न में बैंक ऑफ महाराष्ट्र में हुई डकैती के मामले में पुलिस ने मंगलवार को खुलासा किया है। इस पूरी वारदात के तार जेल के भीतर से जुड़े मिले हैं। बिहार के नालंदा से पकड़े गए दो आरोपियों, चंदन उर्फ चईया यादव और गुलशन यादव से पूछताछ में पता चला है कि डकैती की पूरी प्लानिंग जेल में रची गई थी। सिंगरौली एसपी मनीष खत्री ने जानकारी दी कि मुख्य आरोपी चंदन यादव ने डकैती की रकम का एक हिस्सा उड़ीसा की एक जेल में बंद एक पूर्व डकैत तक पहुंचाया था। इस खबर के मिलते ही पुलिस ने जब जेल प्रशासन की मदद से वहां तलाशी ली, तो जेल के अंदर बंद कैदी के पास से 25 हजार रुपए कैश और एक मोबाइल फोन मिला। इससे यह साफ हो गया कि अपराधी जेल के अंदर से ही अपना नेटवर्क चला रहे हैं। बेऊर जेल में बैठा है मास्टरमाइंड पुलिस जांच में सामने आया है कि इस पूरी डकैती का मास्टरमाइंड सुबोध सिंह नाम का अपराधी है। सुबोध फिलहाल पटना की बेऊर जेल में बंद है और वहीं से मोबाइल के जरिए बाहर मौजूद अपने गुर्गों को निर्देश दे रहा था। उसके इशारे पर ही गिरोह के सदस्यों ने बैंक में डकैती की इस वारदात को अंजाम दिया। पुलिस की अगली कार्रवाई गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों को पुलिस ने रिमांड पर लिया है और उनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस अब इस गिरोह के बाकी सदस्यों की तलाश में जगह-जगह छापेमारी कर रही है। अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही इस पूरे गैंग का पर्दाफाश कर दिया जाएगा और सभी आरोपी सलाखों के पीछे होंगे।
केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान मंगलवार को खगड़िया जिले के परबत्ता विधानसभा क्षेत्र स्थित डुमरिया बुजुर्ग गांव पहुंचे। उनके साथ खगड़िया के सांसद राजेश वर्मा भी मौजूद थे। दोनों नेताओं ने परबत्ता विधायक बाबूलाल शौर्य की दिवंगत दादी स्व. चंद्रकला देवी के तेल चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। इस श्रद्धांजलि कार्यक्रम में क्षेत्र के कई जनप्रतिनिधि, पार्टी कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम स्थल पर समर्थकों की भीड़ और सुरक्षा व्यवस्था के कारण पूरे इलाके में राजनीतिक उत्साह देखा गया। बंगाल की जनता ने 2029 लोकसभा चुनाव की नींव रखीकार्यक्रम के बाद मीडिया से बातचीत में चिराग पासवान ने पश्चिम बंगाल में NDA की हालिया जीत को ऐतिहासिक बताया। उन्होंने कहा कि यह जीत केवल एक राज्य की राजनीतिक सफलता नहीं, बल्कि देश की जनता के मूड का संकेत है। उन्होंने दावा किया कि बंगाल की जनता ने 2029 के लोकसभा चुनाव की नींव रख दी है। पासवान ने इस जीत का श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विकासपरक सोच, गृह मंत्री अमित शाह की मजबूत रणनीति और NDA के सभी घटक दलों की एकजुटता को दिया। उन्होंने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवी नवीन को भी इस सफलता के लिए बधाई दी। बिहारी युवक की हत्या पर कहा- आर्थिक सहायता दिलाई जाएगीविपक्ष पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि विपक्ष अब जनता का विश्वास खो चुका है और धीरे-धीरे समाप्ति की ओर बढ़ रहा है। उनके अनुसार, देश की जनता अब विकास, स्थिरता और मजबूत नेतृत्व को प्राथमिकता दे रही है। दिल्ली में एक बिहारी युवक की हत्या के मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए चिराग पासवान ने इसे निर्मम, दुखद और निंदनीय बताया। उन्होंने कहा कि उन्होंने इस मामले को गंभीरता से लिया है और केंद्रीय गृह मंत्री से मुलाकात कर पीड़ित परिवार को जल्द न्याय और आर्थिक सहायता दिलाने की मांग की है। “प्रवासी मंत्रालय” के गठन की जरूरत पर जोर दियाचिराग पासवान ने देशभर में रह रहे बिहारी प्रवासियों की समस्याओं को उठाते हुए “प्रवासी मंत्रालय” के गठन की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि लाखों की संख्या में बिहारी युवक-युवतियां रोजगार और शिक्षा के लिए दूसरे राज्यों में रहते हैं, लेकिन संकट के समय उन्हें पर्याप्त सहायता नहीं मिल पाती। ऐसे में एक समर्पित मंत्रालय और हेल्पलाइन नंबर की व्यवस्था बेहद जरूरी है। उन्होंने यह भी बताया कि इस मुद्दे को लेकर वे जल्द ही राज्य के मुख्यमंत्री से मुलाकात करेंगे। पुल टूटने पर कहा- एजेंसियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिएचिराग पासवान के इस दौरे को स्थानीय राजनीति के लिहाज से भी अहम माना जा रहा है। उनके बयान और मांगें आने वाले समय में राज्य की राजनीति में नई बहस को जन्म दे सकती हैं। दौरान भागलपुर में स्थित विक्रमशिला सेतु के क्षतिग्रस्त होने की घटना पर भी उन्होंने चिंता जताई। उन्होंने इसे “दुर्भाग्यपूर्ण” बताते हुए कहा कि यह पुल वर्ष 2001 में बना था और यदि इसके निर्माण या रखरखाव में किसी प्रकार की लापरवाही सामने आती है, तो संबंधित अधिकारियों और एजेंसियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।
गया जिले के कोंच प्रखंड मुख्यालय स्थित लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान के कार्यालय में मंगलवार दोपहर एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। प्रखंड समन्वयक अमित कुमार की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में डोर-टू-डोर कचरा उठाव और सर्वे कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। बैठक के दौरान, प्रखंड समन्वयक अमित कुमार ने सभी स्वच्छता पर्यवेक्षकों को पंचायतों में डोर-टू-डोर कूड़ा उठाव प्रक्रिया को और अधिक प्रभावी बनाने का निर्देश दिया। उन्होंने कचरा रख-रखाव और उसके सही निस्तारण पर विशेष जोर देते हुए कहा कि स्वच्छता मानकों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। स्वच्छता मित्र ऐप पर नियमित डेटा अपडेट करने का निर्देश इसके अतिरिक्त, महादलित टोलों में चल रहे विशेष स्वच्छता सर्वे कार्य की भी समीक्षा की गई। अमित कुमार ने पर्यवेक्षकों को सर्वे कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया, ताकि सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र लाभार्थियों तक समय पर पहुँच सके। उन्होंने 'स्वच्छता मित्र ऐप' पर डेटा एंट्री और अन्य तकनीकी कार्यों को नियमित रूप से अपडेट रखने के भी सख्त निर्देश दिए। इस बैठक में मुख्य रूप से पर्यवेक्षक गुड्डू शर्मा, नौलेश कुमार, प्रभात कुमार, अनमोल कुमार, कन्हैया शरण, श्रीनिवास कुमार, राजबल्लभ यादव, योगेंद्र कुमार, अमरेंद्र कुमार अकेला सहित अन्य स्वच्छता कर्मी और विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।
तूफान और बिजली गिरने से बिहार में तबाही: 24 घंटों में 20 से ज्यादा लोगों की मौत
पिछले 24 घंटों के दौरान बिहार में खराब मौसम ने भारी तबाही मचाई है, जिसके चलते तूफान, भारी बारिश और बिजली गिरने से 20 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए।
एक्टर और स्टैंड-अप कॉमेडियन वीर दास ने बंगाल चुनाव नतीजों के बीच साफ कर दिया है कि वह बंगाली नहीं हैं। दरअसल, वीर दास के सरनेम की वजह से बहुत से लोग उन्हें बंगाली समझते हैं। बंगाल से जुड़ी किसी भी घटना पर लोग उन्हें सोशल मीडिया पर टैग करने लगते हैं। इस बीच वीर दास ने अपने सोशल मीडिया हैंडल X (ट्विटर) पर अपनी पहचान को लेकर लिखा कि अक्सर बंगाल में कुछ भी होने पर लोग उन्हें टैग करके पूछते हैं कि 'देखो तुम्हारे बंगाल में क्या हो गया।' लोग उन्हें बंगाल से जुड़ी हुई पोस्ट में टैग कर रहे थे। इस कन्फ्यूजन को खत्म करते हुए उन्होंने साफ किया कि भले ही उनके नाम के पीछे 'दास' लगा है, लेकिन उनका ताल्लुक बंगाल से नहीं है। यूपी-बिहार से है एक्टर का असली कनेक्शनअपनी पहचान बताते हुए वीर ने साफ किया कि वह असल में आधे उत्तर प्रदेश (UP) और आधे बिहार से हैं। वीर के सरनेम 'दास' की वजह से अक्सर उत्तर भारतीय और पूर्वी भारतीय राज्यों के बीच लोग कंफ्यूज हो जाते हैं। वीर ने साफ किया कि बंगाल की राजनीति या वहां की घटनाओं से उनका कोई सीधा पारिवारिक संबंध नहीं है। उन्होंने इस गलतफहमी को उस वक्त दूर करना सही समझा जब लोग उन्हें राजनीतिक बहसों में घसीट रहे थे। देहरादून में जन्म और विदेश में पढ़ाईवीर दास के शुरुआती जीवन की बात करें तो उनका जन्म साल 1979 में देहरादून में रानू दास और मधुर दास के घर हुआ था। उनका बचपन भारत के साथ-साथ नाइजीरिया में भी बीता। उनकी स्कूली शिक्षा द लॉरेंस स्कूल (सनावर) और दिल्ली पब्लिक स्कूल (नोएडा) से हुई। इसके बाद वे उच्च शिक्षा के लिए अमेरिका चले गए, जहां उन्होंने इलिनोइस के नॉक्स कॉलेज से इकोनॉमिक्स में बैचलर डिग्री ली। आज वह न केवल एक सफल कॉमेडियन हैं, बल्कि एक्टर और डायरेक्टर भी बन चुके हैं।
चंदौली में दो बाइक चोर गिरफ्तार:चार चोरी की बाइकें बरामद, बिहार में बेचते थे
चंदौली सदर कोतवाली पुलिस ने सोमवार को सकलडीहा तिराहे से दो शातिर बाइक चोरों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से दो चोरी की बाइकें बरामद कीं। बाद में पूछताछ के दौरान मझवार रेलवे स्टेशन के पास झाड़ियों से दो अन्य बाइकें भी बरामद की गईं, जिससे कुल चार चोरी की बाइकें मिलीं। सदर कोतवाल बिंदेश्वर प्रसाद पांडेय अपनी टीम के साथ सोमवार को सकलडीहा तिराहे पर वाहनों की जांच कर रहे थे। इसी दौरान उन्होंने दो बाइक सवार युवकों को रोका। जांच में पता चला कि दोनों बाइकें चोरी की थीं, जिसके बाद पुलिस ने दोनों युवकों को हिरासत में ले लिया। आरोपियों से कड़ाई से पूछताछ करने पर उन्होंने मझवार रेलवे स्टेशन के आगे झाड़ियों में छिपाई गई दो अन्य चोरी की बाइकों के बारे में बताया, जिन्हें पुलिस ने बरामद कर लिया। आरोपियों ने खुलासा किया कि वे चंदौली और आसपास के इलाकों से सार्वजनिक स्थानों से बाइकें चुराते थे। चोरी की इन बाइकों को वे बिहार राज्य के शहरों में बेच देते थे और इस पैसे से अपने महंगे शौक पूरे करते थे। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान सदर कोतवाली क्षेत्र के माटीगांव निवासी सरफराज नट उर्फ विशाल और इब्राहिमपुर गांव के पवन गोंड के रूप में हुई है। पुलिस टीम में सदर कोतवाल बिंदेश्वर प्रसाद पांडेय के साथ वीरेंद्र यादव, अखिलेश यादव, वीर बहादुर यादव और आदर्श शर्मा शामिल थे।
भाजपा का 5 राज्यों में से 3 (पश्चिम बंगाल, असम और पुडुचेरी) में सरकार बनाना तय है। केरल में कांग्रेस और तमिलनाडु में एक्टर विजय की TVK सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी आज शाम 6:30 बजे दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय पहुंचेंगे और कार्यकर्ताओं को संबोधित करेंगे। मोदी ने पिछले साल 14 नवंबर को बिहार में जीत के बाद कहा था कि गंगाजी बिहार से बहते हुए बंगाल जाती है। बिहार ने बंगाल में भाजपा की विजय का रास्ता बना दिया है। BJP कार्यकर्ताओं के जश्न की 4 तस्वीरें… 5 राज्यों में विधानसभा चुनाव से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… 1. बंगाल में भाजपा सरकार, 159 सीटों पर बढ़त; 6% वोट बढ़ा 2. तमिलनाडु में उलटफेर, TVK नंबर वन पार्टी, DMK तीसरे नंबर पर खिसकी 3. कोलकाता में TMC ऑफिस पर सन्नाटा, भाजपा हेडक्वार्टर में जलेबी बनी पिछले 5 मौके, जब चुनाव में जीत के बाद PM मोदी पार्टी हेडक्वार्टर पहुंचे 14 नवंबर 2025: बिहार चुनाव में बीजेपी की जीत भाजपा ने बिहार में NDA की जीत का दिल्ली हेडक्वार्टर में जश्न मनाया। इस मौके पर पीएम ने 42 मिनट के भाषण में कहा, बिहार के लोगों ने गर्दा उड़ा दिया। अब कट्टा सरकार कभी वापस नहीं आएगी। उन्होंने छठी मईया के जयकारे भी लगाए। उन्होंने कहा कि जो छठ पूजा को ड्रामा कह सकते हैं, वे बिहार की क्या इज्जत करेंगे। पूरी खबर पढ़ें… 8 फरवरी 2025: दिल्ली चुनाव में बीजेपी की जीत दिल्ली विधानसभा चुनाव में भाजपा की जीत के बाद पीएम मोदी ने भाजपा हेडक्वॉर्टर में कार्यकर्ताओं को संबोधित किया था। उन्होंने अपने भाषण की शुरुआत यमुना मैया की जय के नारे के साथ की थी। उन्होंने कहा था कि आज दिल्ली में दिल्ली के लोगों में एक उत्साह भी है और सुकून भी है। उत्साह विजय का है, सुकून दिल्ली को आप-दा से मुक्त कराने का है। आपने दिल खोलकर प्यार दिया। मैं दिल्लीवालों को नमन करता हूं। पूरी खबर पढ़ें... 23 नवंबर 2024: महाराष्ट्र में महायुति की जीत महाराष्ट्र चुनाव में महायुति (बीजेपी-शिवसेना-NCP) की जीत के बाद पीएम मोदी पार्टी हेडक्वार्टर पहुंचे थे। उन्होंने कहा था कि महाराष्ट्र ने कुर्सी फर्स्ट वालों को नकारते हुए डंके की चोट पर कहा- एक हैं तो सेफ हैं। अपने 49 मिनट के भाषण की शुरुआत पीएम मोदी ने जय भवानी, जय शिवाजी के नारे के साथ की और समापन भारत माता की जय और वंदेमातरम से किया था। पूरी खबर पढ़ें... 8 अक्टूबर 2024: हरियाणा में बीजेपी की जीत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरियाणा और जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनाव के नतीजों पर पार्टी कार्यकर्ताओं को दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय में संबोधित किया था। उन्होंने 35 मिनट भाषण दिया था। पीएम ने कहा- जनता के सामने कांग्रेस की पोल खुल चुकी है। उनका डिब्बा गोल हो गया है। सरकार से बाहर होते ही कांग्रेस जल बिन मछली जैसी हो जाती है। वो समाज में जाति का जहर फैला रही है। पूरी खबर पढ़ें... 4 जून 2024: लगातार तीसरी बार मोदी सरकार बनी लोकसभा चुनाव के नतीजे आने के बाद 4 जून की शाम प्रधानमंत्री मोदी पार्टी मुख्यालय पहुंचे थे। उन्होंने कार्यकर्ताओं को संबोधित किया, लेकिन जबान पर भाजपा कम और NDA का नाम ज्यादा रहा था। 34 मिनट के धन्यवाद भाषण में भाजपा का नाम 8 बार लिया तो NDA (भाजपा के सहयोगी दल) का हवाला 10 बार आया था। पूरी खबर पढ़ें...
भागलपुर स्थित विक्रमशिला सेतु के क्षतिग्रस्त होने के बाद उत्तर और दक्षिण बिहार के बीच संपर्क व्यवस्था गंभीर रूप से प्रभावित हुई है। प्रशासन द्वारा बड़े वाहनों का रूट मुंगेर पुल के रास्ते डायवर्ट किया जा रहा है, लेकिन आम यात्रियों की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। खासकर खगड़िया के परबत्ता प्रखंड स्थित अगुवानी-सुल्तानगंज गंगा घाट मार्ग पर यात्रियों की संख्या में कई गुना इजाफा हो गया है। देखें, मौके से आई तस्वीरें… रोजाना हजारों लोग गंगा पार कर रहे वर्षों से संचालित अगुवानी घाट से सुल्तानगंज तक की नाव फेरी सेवा अब लोगों के लिए जीवनरेखा बन गई है। पुल बंद होने के बाद इस मार्ग पर रोजाना हजारों की संख्या में लोग गंगा पार कर रहे हैं, जिससे यात्रियों की संख्या में भारी वृद्धि हुई है। घाटों पर सुबह से ही यात्रियों की लंबी कतारें लग रही हैं, जहां लोगों को घंटों इंतजार करना पड़ रहा है। कई बार स्थिति इतनी विकट हो जाती है कि नावों पर क्षमता से अधिक सवारियां चढ़ने लगती हैं, जिससे हादसे की आशंका भी बढ़ जाती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि फिलहाल यह फेरी सेवा निजी संचालकों के हाथ में है, जिनके पास सीमित संसाधन हैं। बढ़ती भीड़ को नियंत्रित करना उनके लिए बड़ी चुनौती बनती जा रही है। प्रशासन से नावों की व्यवस्था करने की मांग यात्रियों ने जिला प्रशासन से अविलंब अतिरिक्त नावों की व्यवस्था करने, नावों की नियमित जांच, लाइफ जैकेट जैसी सुरक्षा सुविधाएं अनिवार्य करने और घाटों पर रोशनी, पेयजल व शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की है। नाव से यात्रा कर रहे यात्री रामोतार सिंह ने अपनी परेशानी बताते हुए कहा कि विक्रमशिला सेतु बंद हो जाने के बाद अब उनके पास नाव ही एकमात्र विकल्प बचा है। मुंगेर होकर जाना काफी लंबा और समय लेने वाला है। ऐसे में जल्दी पहुंचने के लिए लोग नाव का सहारा ले रहे हैं, लेकिन भीड़ इतनी ज्यादा है कि काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इधर, प्रशासन भी स्थिति पर नजर बनाए हुए है, लेकिन अब तक कोई ठोस और प्रभावी व्यवस्था लागू नहीं हो सकी है। यदि समय रहते उचित कदम नहीं उठाए गए, तो आने वाले दिनों में यह समस्या और विकराल रूप ले सकती है, जिससे यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।
सिंगरौली जिले के वैढ़न स्थित बैंक ऑफ महाराष्ट्र शाखा में 17 अप्रैल को हुई डकैती के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। वैढ़न थाना पुलिस ने वारदात की साजिश रचने वाले दो और आरोपियों को बिहार से गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में गठित विशेष टीम की ओर से की गई। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान चंदन उर्फ चईया यादव (21) और गुलशन (19) के रूप में हुई है। ये दोनों बिहार के नालंदा जिले के नगरनौसा थाना क्षेत्र के खीरूबिगहा गांव के निवासी हैं। पुलिस ने दोनों को न्यायालय में पेश कर सात दिन की पुलिस रिमांड पर लिया है, जहां उनसे गहन पूछताछ की जा रही है। अधिकारियों को उम्मीद है कि पूछताछ में गिरोह के अन्य सदस्यों और डकैती से जुड़े महत्वपूर्ण सुराग मिल सकते हैं। वारदात का मास्टरमाइंड बेऊर जेल में बंद है पुलिस जांच में सामने आया है कि इस पूरी वारदात का मास्टरमाइंड सुबोध सिंह है, जो वर्तमान में पटना की बेऊर जेल में बंद है। उसने ओडिशा की कुचिंडा जेल में बंद अपने सहयोगी पीयूष जायसवाल के जरिए डकैती की साजिश रची और उसे अंजाम दिलाया। गिरफ्तार आरोपी डकैती के माल को ठिकाने लगाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे थे। इससे पहले इस मामले में फंटूस, कमलेश, पंकज, राजेश और छोटू सहित कई अन्य आरोपियों की संलिप्तता भी सामने आ चुकी है। पुलिस जांच से एक संगठित अंतरराज्यीय आपराधिक गिरोह का नेटवर्क उजागर हुआ है। इस पूरे अभियान में वैढ़न थाना पुलिस टीम के कई अधिकारियों और कर्मचारियों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पुलिस अधीक्षक मनीष खत्री ने बताया कि अभी दो अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है। डकैती में लूटे गए माल की बरामदगी को लेकर फिलहाल कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है, लेकिन जल्द ही इस संबंध में खुलासा होने की उम्मीद है। ये खबर भी पढ़े… MP में बैंक ऑफ महाराष्ट्र में 15 करोड़ की डकैती: 5 डकैतों ने मैनेजर को पीटा, फायरिंग की सिंगरौली में दिनदहाड़े बैंक डकैती का मामला सामने आया है। यहां बैढ़न स्थित बैंक ऑफ महाराष्ट्र में शुक्रवार दोपहर 5 हथियारबंद बदमाश घुसे। फायरिंग कर करीब 9-10 किलो सोना और 20 लाख कैश लेकर भाग गए। सोने की कीमत करीब 15 करोड़ आंकी गई है। घटना शुक्रवार दोपहर करीब 1 बजे की है। पढ़े पूरी खबर…
बिहार के राज्यपाल बिहार के राज्यपाल सैयद अता हसनैन आज नालंदा आ रहे हैं। राज्यपाल के एडीसी मेजर अरशदीप सिंह हंस की ओर से जारी कार्यक्रम के अनुसार राज्यपाल नालंदा विश्वविद्यालय, राजगीर और प्राचीन नालंदा विश्वविद्यालय के भग्नावशेष का दौरा करेंगे। भ्रमण कार्यक्रम को लेकर प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में हैं। कार्यक्रम स्थलों से लेकर आवासन स्थल तक सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। राजगीर और प्राचीन नालंदा विश्वविद्यालय भग्नावशेष क्षेत्र को अस्थायी रूप से 'नो फ्लाइंग जोन' घोषित करदिया गया है। इस आदेश के लागू होने के बाद निर्धारित क्षेत्र में किसी भी प्रकार के अनाधिकृत ड्रोन या यूएवी (मानवरहित विमान) का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सुरक्षा मानकों के उल्लंघन पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस महत्वपूर्ण सुरक्षा घेरे और आदेश का अनुपालन सुनिश्चित कराने की जिम्मेदारी राजगीर के अनुमंडल पदाधिकारी और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी को सौंपी गई है, जो राज्यपाल के दौरे की समाप्ति तक क्षेत्र की निगरानी करेंगे।
बिहार राज्य महिला आयोग ने बिहार के विभिन्न यूनिवर्सिटी के कुलपतियों को पत्र लिखा था। इस लेटर में उन्हें आंतरिक शिकायत कमेटी के बारे में जानकारी देने को कहा गया था। एकमात्र पटना यूनिवर्सिटी को छोड़कर किसी यूनिवर्सिटी ने रिपोर्ट नहीं भेजी है। महिला आयोग ने इसे असंवेदनशील बताया है। आयोग की अध्यक्ष ने ये भी कहा कि इस मामले में वो बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (रिटायर्ड) सैयद अता हसनैन को लेटर लिखने वाली हैं। आंतरिक शिकायत कमेटी की मांगी गई थी रिपोर्ट बिहार राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष प्रो. अप्सरा ने कहा कि महिला आयोग ने बिहार के सभी कुलपतियों को एक चिट्ठी भेजी थी, जिसमें यह जानकारी मांगी गई थी कि उनके यहां आंतरिक शिकायत कमेटी का गठन हुआ है या नहीं। अगर गठन हुआ है, तो उसके सदस्य कौन-कौन है, इसकी पूरी जानकारी मांगी गई थी। मगर यह आश्चर्य की बात है कि सभी कुलपतियों ने असंवेदनशीलता को दर्शाया है। एकमात्र पटना यूनिवर्सिटी से हमारे पास रिपोर्ट आई है, बाकी किसी यूनिवर्सिटी ने हमें रिपोर्ट नहीं भेजी है। इस तरह की असंवेदनशीलता महिला आयोग स्वीकार नहीं करेगी। आने वाले दिनों में हम राज्यपाल को इस मुद्दे पर चिट्ठी लिखने वाले हैं। यूनिवर्सिटी में छात्राओं की सुरक्षित को लेकर उठाया गया था कदम यूनिवर्सिटी में छात्राओं के सुरक्षित माहौल को सुनिश्चित करने के लिए यह कदम उठाया गया था। अध्यक्ष ने कहा कि इस कदम का मुख्य उद्देश्य बिहार के विभिन्न यूनिवर्सिटी के अंतर्गत कॉलेज में पढ़ाई करने आई छात्राओं की सुरक्षा को सुनिश्चित करना है। इस लेटर के अंतर्गत पटना विश्वविद्यालय, पाटलिपुत्र विश्वविद्यालय, ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय, बी.एन. मंडल विश्वविद्यालय, वीर कुंवर सिंह विश्वविद्यालय, नालंदा विश्वविद्यालय सहित अन्य यूनिवर्सिटी शामिल थे।
तंबाकू के विज्ञापन पर प्रतिबंध, अवैध होर्डिंग लगाई तो शुल्क का 500 फीसदी तक फाइन
अपनी दुकान पर अपने ब्रांड का विज्ञापन लगाने पर भी शुल्क पटना अब विज्ञापनों के मकड़जाल से मुक्त होगा। पटना नगर निगम विज्ञापन विनियम 2026 पर इसी महीने अंतिम मुहर लगेगी। यहां 12 साल से विज्ञापन एवं होर्डिंग्स पॉलिसी ही नहीं है। इसके चलते पूरा शहर अवैध होर्डिंग्स से पटा रहता है। नई पॉलिसी के तहत विज्ञापन शुल्क की दरें तय करने के लिए शहर के मार्गों को चार जोन ए, बी, सी और डी में बांटा गया है। इनमें जोन-ए सर्वाधिक मांग वाला होगा। अवैध होर्डिंग पर शुल्क का 500 प्रतिशत तक जुर्माना लगेगा। शराब और तंबाकू के विज्ञापनों पर प्रतिबंध रहेगा। ऐतिहासिक स्मारक, धार्मिक स्थल, श्मशान और राष्ट्रीय उद्यानों के भीतर विज्ञापन पर रोक रहेगी। निगम ने आम जनता के सुझावों के लिए मसौदे को 26 मार्च से 25 अप्रैल तक वेबसाइट www.pmc.bihar.gov.in पर सार्वजनिक किया था। लोगों की आपत्तियों पर निगम प्रशासन विचार करेगा। हालांकि, नगर विकास विभाग ने कोई आपत्ति नहीं भेजी है। ऐसे में माना जा रहा है कि विभाग ने अपनी सहमति दे दी है। मंत्रिमंडल का विस्तार होते ही इसे लागू करने के लिए गजट का प्रकाशन कर दिया जाएगा। एजेंसी को लाइसेंस लेना होगा, शुल्क 1.50 लाख विज्ञापनों के अधिकार ई-टेंडरिंग और ऑनलाइन बोली के जरिए दिए जाएंगे। इसकी सूचना कम से कम तीन अखबारों में दी जाएगी और इसके लिए न्यूनतम 21 दिन का समय मिलेगा। टेंडर में शामिल होने वाली एजेंसियों को पहले निगम से लाइसेंस लेना होगा। लाइसेंस का पंजीकरण शुल्क 1.50 लाख और तीन साल बाद नवीकरण का शुल्क 60 हजार तय किया गया है। सरकारी विज्ञापनों और साइन बोर्ड को शुल्क से मुक्त रखा गया है। रेलवे क्षेत्र में लगे विज्ञापन जो सार्वजनिक सड़क से दिखाई देते हैं, उनसे प्राप्त राजस्व का 25% हिस्सा नगर निगम को देना होगा। अपनी दुकान पर अपने ब्रांड का विज्ञापन लगाने वालों को भी प्रति वर्गफीट की दर से शुल्क देना होगा। सौर ऊर्जा से होर्डिंग को रोशन करने पर शुल्क में 5 फीसदी छूट मिलेगी सौर ऊर्जा से होर्डिंग रोशन करने पर विज्ञापन शुल्क में 5% की छूट मिलेगी। होर्डिंग के लिए जेनरेटर का उपयोग प्रतिबंधित है। रात 12 बजे के बाद विज्ञापनों की रोशनी कम या बंद करना अनिवार्य होगा। कोई भी ऐसा विज्ञापन नहीं लगेगा जो ट्रैफिक सिग्नल के रंगों की नकल करता हो या जिससे वाहन चालकों को भ्रम हो। बड़ी होर्डिंग और यूनीपोल के लिए अधिकृत स्ट्रक्चरल इंजीनियर से स्ट्रक्चरल फिटनेस प्रमाणपत्र लेना होगा। विज्ञापन एजेंसी और नगर निगम के बीच विवाद होता है तो आदेश के 30 दिनों के भीतर प्रमंडलीय आयुक्त के पास 1000 रुपए के अपील शुल्क के साथ शिकायत दर्ज कराई जा सकेगी। नियम तोड़ा तो भारी जुर्माना पहली गलती : विज्ञापन शुल्क का 200% जुर्माना। दूसरी गलती : जुर्माना बढ़कर 300% होगा। तीसरी गलती : 500% जुर्माना और ब्लैकलिस्ट। समय पर जुर्माना न करने पर 1.5% प्रति माह ब्याज। होर्डिंग के लिए जेनरेटर का उपयोग प्रतिबंधित है। कोई भी ऐसा विज्ञापन नहीं लगेगा जो ट्रैफिक सिग्नल के रंगों की नकल करता हो। ऐसे विज्ञापनों पर प्रतिबंध शराब, सिगरेट, तंबाकू और मादक द्रव्य। अश्लीलता, नग्नता या महिलाओं-बच्चों का शोषण वाले। धार्मिक या जातीय विद्वेष फैलाने वाले। हथियारों को महिमामंडित करने वाले। रात 12 बजे के बाद विज्ञापनों की रोशनी कम या बंद करना अनिवार्य होगा। विज्ञापन की श्रेणियां श्रेणी-1 होर्डिंग, यूनिपोल, फ्लाईओवर पैनल। श्रेणी-2 टॉयलेट और कचरा केंद्रों पर विज्ञापन। श्रेणी-3 बस, ऑटो और ट्रैफिक स्ट्रक्चर। श्रेणी-4 दुकानों के अपने ब्रांड बोर्ड (स्व-विज्ञापन)।
चतरा में 282 किलो डोडा जब्त:धान की बोरियों में छिपाकर बिहार हो रही थी तस्करी, ऑटो चालक गिरफ्तार
चतरा जिले में अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 282 किलोग्राम डोडा जब्त किया है। यह खेप धान की बोरियों के नीचे छिपाकर बिहार ले जाई जा रही थी। मामले में ऑटो चालक अजय कुमार साव को गिरफ्तार किया गया है। जब्त मादक पदार्थ की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब 42 लाख रुपए बताई जा रही है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक अनिमेष नैथानी के निर्देश पर की गई, जिन्हें इस तस्करी की पुख्ता सूचना मिली थी। नाकेबंदी कर संदिग्ध ऑटो को पकड़ा मामले की गंभीरता को देखते हुए सदर एसडीपीओ संदीप सुमन के नेतृत्व में विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया। टीम ने प्रतापपुर थाना क्षेत्र के बलवादोहर गांव के पास नाकेबंदी कर वाहनों की जांच शुरू की। शनिवार शाम करीब 7 बजे कुंदा की ओर से आ रहे एक संदिग्ध भूरे रंग के मालवाहक ऑटो (JH02BG-2536) को रोककर तलाशी ली गई। प्रारंभिक जांच में ऑटो में धान की बोरियां लदी दिखीं, जिससे पुलिस को शक हुआ। धान के नीचे छिपी मिली डोडा की बोरियां पुलिस ने जब धान की बोरियों को हटाकर सघन तलाशी ली, तो नीचे 10 बड़ी बोरियों में छिपाकर रखी गई डोडा बरामद हुई। कुल 282 किलोग्राम मादक पदार्थ मौके से जब्त किया गया। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए चालक अजय कुमार साव को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह प्रतापपुर के गोमें गांव का रहने वाला है और यह खेप कुंदा से खरीदकर बिहार के औरंगाबाद ले जाई जा रही थी। तस्करों ने पुलिस से बचने के लिए धान की बोरियों को कवर के रूप में इस्तेमाल किया था। एनडीपीएस एक्ट में मामला दर्ज इस मामले में प्रतापपुर थाना में कांड संख्या 43/26 दर्ज कर आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 15/18 और भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है। आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस का मानना है कि इस कार्रवाई से अंतर्राज्यीय तस्करी के एक सक्रिय नेटवर्क को बड़ा झटका लगा है। अभियान में प्रतापपुर थाना प्रभारी और सशस्त्र बल की भूमिका सराहनीय रही। पुलिस अब इस सिंडिकेट से जुड़े अन्य तस्करों और सरगनाओं की तलाश में जुटी है, ताकि पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके।
पटना जिले में आम लोगों की समस्याओं को तेजी से सुलझाने के लिए प्रशासन ने बड़ी पहल की है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की घोषणा के बाद अब हर पंचायत स्तर पर नियमित रूप से ‘सहयोग शिविर’ लगाए जाएंगे। इन शिविरों के जरिए जनता की शिकायतों का अधिकतम 30 दिनों के भीतर समाधान सुनिश्चित करने का लक्ष्य रखा गया है। इसका मतलब है कि अब आम जनता को अपनी शिकायत लेकर बार-बार सरकारी दफ्तर नहीं जाना पड़ेगा, बल्कि अधिकारी खुद आपके पास आएंगे और आपकी समस्या सुनेंगे। कब और कैसे लगेगा ‘सहयोग शिविर’ जिला प्रशासन ने इस योजना को व्यवस्थित तरीके से लागू करने के लिए पूरा कैलेंडर तैयार कर लिया है। हर महीने के पहले और तीसरे मंगलवार को पंचायतों में शिविर लगाए जाएंगे। इस अभियान की शुरुआत 19 मई से होगी। पहले ही दिन पटना जिले की 40 पंचायतों में एक साथ शिविर आयोजित किए जाएंगे। इसके लिए जिलाधिकारी द्वारा पंचायतवार रोस्टर तय किया गया है, ताकि हर पंचायत को तय तारीख पर यह सुविधा मिल सके। शिविर में एक ही जगह मिलेंगे सभी अधिकारी ‘सहयोग शिविर’ की सबसे बड़ी बात यह है कि इसमें अलग-अलग विभागों के अधिकारी एक ही स्थान पर मौजूद रहेंगे। आम तौर पर लोगों को अपनी समस्या के लिए कई दफ्तरों के चक्कर लगाने पड़ते हैं, लेकिन अब.. 30 दिनों के अंदर समाधान का लक्ष्य प्रशासन ने यह तय किया है कि शिविर में मिली शिकायतों का अधिकतम 30 दिनों के भीतर समाधान किया जाएगा। सिर्फ आवेदन लेना ही नहीं, बल्कि उसका फॉलो-अप और अंतिम निपटारा भी सुनिश्चित किया जाएगा। यानी अब यह व्यवस्था सिर्फ औपचारिकता नहीं, बल्कि परिणाम देने वाली पहल के रूप में लागू की जा रही है। किन-किन समस्याओं का होगा समाधान इन शिविरों में लगभग हर तरह की जनसमस्याओं को शामिल किया गया है, जैसे— इसका मतलब है कि आपकी लगभग हर सरकारी परेशानी का समाधान अब एक ही मंच पर संभव होगा। अधिकारियों की जवाबदेही तय जिलाधिकारी ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि शिकायतों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निपटारा किया जाए। काम में पारदर्शिता और जवाबदेही बनी रहे। सिर्फ कागजों में निपटारा दिखाने के बजाय वास्तविक समाधान सुनिश्चित हो। इसके लिए जिला स्तर से वरिष्ठ अधिकारियों की भी ड्यूटी लगाई गई है, जो शिविरों की निगरानी करेंगे। DM का स्पष्ट संदेश- सिर्फ निपटारा नहीं, संतुष्टि जरूरी जिलाधिकारी ने साफ कहा है कि सिर्फ शिकायत बंद कर देना पर्याप्त नहीं है। जरूरी यह है कि शिकायतकर्ता पूरी तरह संतुष्ट हो। इसका मतलब है कि अब प्रशासन का फोकस सिर्फ प्रक्रिया पूरी करने पर नहीं, बल्कि लोगों को वास्तविक राहत देने पर रहेगा। ‘सहयोग शिविर’ को प्रशासनिक व्यवस्था में एक बड़े बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है। अब तक लोग अपनी समस्याओं को लेकर प्रखंड या जिला कार्यालय जाते थे, लेकिन अब सरकार खुद गांव-गांव जाकर लोगों की समस्याएं सुनेगी।
आज रविवार को नीट यूजी-2026 परीक्षा हो रही है। बिहार के 35 जिलों में 150 से अधिक परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां करीब 1.60 लाख अभ्यर्थी एग्जाम में शामिल हो रहे हैं। वहीं, पूरे देश में लगभग 23 लाख छात्र इस परीक्षा में शामिल हो रहे हैं। सेंटर्स पर छात्रों की एंट्री शुरू हो गई है। कड़ी चेकिंग के बाद ही अंदर जाने दिया जा रहा है। मुजफ्फरपुर में छात्राओं की नोज पिन उतरवाई गई है। वहीं छात्रों की मेटल डिटेक्टर से जांच की जा रही है। जूतों के बिना एंट्री दी जा रही है। पानी की बोतल में लगे रैपर हटाकर अंदर ले जाने की अनुमति है। एग्जाम से जुड़ी कुछ तस्वीरें… परीक्षा का आयोजन भारत के 552 शहरों और विदेश के 14 शहरों में किया जा रहा है। यह परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5:20 बजे तक आयोजित होगी। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) ने इस बार परीक्षा को पारदर्शी बनाने के लिए कई अहम बदलाव किए हैं। NTA के निर्देश के अनुसार, सभी अभ्यर्थियों को परीक्षा शुरू होने से कम से कम दो घंटे पहले केंद्र पर पहुंचना होगा। छात्रों को अपने साथ एडमिट कार्ड और एक वैध फोटो पहचान-पत्र लाना जरूरी है। एजेंसी ने स्पष्ट किया है कि किसी भी तरह के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण या आभूषण को परीक्षा केंद्र में ले जाने की अनुमति नहीं होगी। परीक्षार्थियों की मेटल डिटेक्टर से जांच नीट परीक्षा में इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस की सख्त जांच के लिए परीक्षार्थियों को मेटल डिटेक्टर से गुजरना पड़ रहा है। इस दौरान मोबाइल फोन, स्मार्टवॉच, ब्लूटूथ डिवाइस, ईयरफोन, हेडफोन, माइक्रोफोन, कैलकुलेटर, पेन ड्राइव, डिजिटल घड़ी, फिटनेस बैंड, स्पाई कैमरा, चिप आधारित गैजेट्स और किसी भी तरह के वायरलेस उपकरण पूरी तरह प्रतिबंधित हैं। यहां तक कि छोटे इलेक्ट्रॉनिक सर्किट या छिपे हुए डिवाइस की भी जांच की जा रही है। परीक्षार्थियों की ज्वेलरी उतरवाई गई नीट परीक्षा में इस बार सुरक्षा के कड़े इंतजाम ने परीक्षार्थियों को चौंका दिया है। एग्जाम सेंटर पर प्रवेश से पहले छात्रों को सख्त चेकिंग से गुजरना पड़ रहा है। जूते तक उतरवाए जा रहे हैं, लड़कियों के जूड़े खुलवाकर जांच की जा रही है। नोज पिन, बैंड, घड़ी और अन्य एक्सेसरीज़ हटवाकर ही अंदर जाने की अनुमति मिल रही है। प्रशासन का दावा है कि नकल और किसी भी तरह की गड़बड़ी रोकने के लिए ये कदम जरूरी हैं। एग्जाम से जुड़े अपडेट्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए….
पश्चिमी विक्षोभ ला रहा आंधी-तूफान, दिल्ली से लेकर बिहार तक झमाझम बारिश
मई के महीन में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की वजह से मौसम ठंडा हो गया है। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले दो दिन बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। तेज हवाओं के साथ रिमझिम बारिश से तापमान सामान्य से कम रहेगा।
जदयू के वरिष्ठ नेता, विधान पार्षद और मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने बेतिया में एक प्रेस वार्ता के दौरान कहा कि चंपारण की धरती अब केवल महात्मा गांधी की ही नहीं, बल्कि पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की भी कर्मभूमि है। उन्होंने यह भी बताया कि युवा नेता निशांत कुमार रविवार से चंपारण के वाल्मीकिनगर से अपनी पहली 'सद्भाव यात्रा' शुरू कर रहे हैं। नीरज कुमार ने कहा कि नीतीश कुमार का चंपारण से गहरा लगाव रहा है। उनके शासनकाल की सबसे बड़ी उपलब्धि 'न्याय के साथ विकास' और राज्य में 'कानून का राज' स्थापित करना रही है। उन्होंने समाज के सभी वर्गों के उत्थान के लिए काम किया और महिलाओं को समाज में अग्रणी भूमिका निभाने का अवसर प्रदान किया। ''जनता दल यूनाइटेड अब नए नेतृत्व के हाथों में'' प्रवक्ता ने आगे कहा कि जनता दल यूनाइटेड अब नए नेतृत्व के हाथों में है। पार्टी को निशांत कुमार से काफी उम्मीदें हैं। निशांत कुमार ने प्रस्तावित पदों का त्याग करते हुए सबसे पहले बिहार को जानने की इच्छा व्यक्त की थी। उनकी सद्भाव यात्रा इसी कड़ी का हिस्सा है। निशांत कुमार का मुख्य एजेंडा 'ट्रिपल एस' यानी क्राइम (अपराध), करप्शन (भ्रष्टाचार) और कम्यूनिज्म (सांप्रदायिकता) से कोई समझौता नहीं करना है। नीरज कुमार ने उन्हें जदयू ही नहीं, बल्कि बिहार का भी भविष्य बताया। प्रतिमाओं पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित करते हुए बेतिया पहुंचेंगे सद्भाव यात्रा में निशांत कुमार के साथ जदयू के प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा, वरिष्ठ नेता श्रवण कुमार, संजय गांधी और ललन सिंह सहित अन्य प्रमुख नेता मौजूद रहेंगे। निशांत कुमार रविवार देर शाम तक वाल्मीकिनगर पहुंचेंगे, जहां वे पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और समता पार्टी के स्थापना काल के कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर उनकी बातें सुनेंगे। उनकी यात्रा सोमवार को वाल्मीकिनगर से औपचारिक रूप से आरंभ होगी। इस दौरान वे विभिन्न महापुरुषों की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित करते हुए बेतिया पहुंचेंगे। बेतिया में एक ऑडिटोरियम में निशांत कुमार द्वारा 'कार्यकर्ता संवाद' का आयोजन किया जाएगा, जहां वे पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं से सीधा संवाद स्थापित करेंगे।
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने पद संभालने के महज 15 दिनों के भीतर अपनी कार्यशैली से सियासी हलकों में नई बहस छेड़ दी है। एक ओर वे 10 से अधिक धार्मिक स्थलों का दौरा कर चुके हैं। वहीं, दूसरी ओर हजारों करोड़ रुपये की मंदिर विकास परियोजनाओं की घोषणा भी कर चुके हैं। सीएम सम्राट चौधरी ने अब तक बाबा हरिहरनाथ मंदिर, बाबा बैद्यनाथ धाम, बासुकीनाथ धाम, विष्णुपद मंदिर, बड़ी पटन देवी मंदिर और छोटी पटनदेवी मंदिर समेत कई प्रमुख धार्मिक स्थलों पर पूजा-अर्चना की। इससे यह साफ संकेत मिल रहे हैं कि अब बिहार में ‘धार्मिक आस्था + इंफ्रास्ट्रक्चर’ वाला नया राजनीतिक मॉडल आकार ले रहा है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के मंदिर दौरे की तस्वीरें देखिए… हजारों करोड़ के कॉरिडोर प्रोजेक्ट्स का ऐलान मुख्यमंत्री ने गया के विष्णुपद मंदिर के लिए करीब 2390 करोड़ रुपये का कॉरिडोर प्रोजेक्ट, सोनपुर के हरिहरनाथ मंदिर के लिए 680 करोड़ की योजना और पटना सिटी के शक्तिपीठों- बड़ी पटन देवी मंदिर और छोटी पटनदेवी मंदिर, के लिए कॉरिडोर निर्माण की घोषणा की है। इसके अलावा सीतामढ़ी के पुनौराधाम में 2028 तक भव्य सीता मंदिर और टाउनशिप विकसित करने का लक्ष्य रखा गया है। क्या ‘हिंदू एजेंडा + विकास’ का फॉर्मूला? इन फैसलों के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है कि क्या बिहार में अब भारतीय जनता पार्टी का “हिंदू एजेंडा + इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट” मॉडल लागू किया जा रहा है। हालांकि, नीतीश कुमार के पारंपरिक विकास मॉडल से अलग इस रणनीति को लेकर राजनीतिक विशेषज्ञ सवाल भी उठा रहे हैं। उनका मानना है कि क्या यह बिहार के सामाजिक और राजनीतिक मिजाज के अनुरूप है या फिर भारतीय जनता पार्टी के कोर एजेंडे को मजबूत करने की कोशिश है। नीतीश मॉडल की बात, लेकिन दिखाई नहीं दे रही- विशेषज्ञ पॉलिटिकल एक्सपर्ट रवि उपाध्याय ने कहा कि, 'सम्राट की सरकार में मॉडल नीतीश कुमार का जरूर चल रहा है, लेकिन धरातल पर उतरता हुआ नहीं दिखाई पड़ रहा है। यह जनता का भी मानना है क्योंकि हाफ एनकाउंटर फुल एनकाउंटर, नीतीश कुमार इन सब पर विश्वास नहीं करते थे। एक तरफ आप नीतीश मॉडल की बात करते हैं और दूसरी ओर मंदिर-मंदिर घूम कर विश्वनाथ कॉरिडोर के तर्ज पर मंदिरों को बनाने की बात कर रहे हैं।' बिहार में अपने कोर एजेंडा को चलाने की कवायद में भाजपा पॉलिटिकल एक्सपर्ट रवि उपाध्याय ने कहा कि, ‘निश्चित रूप से भाजपा का कोर एजेंडा मंदिर रहा है। अगर यह नीतीश मॉडल की बात करते हैं तो यह नीतीश मॉडल में मंदिर कहां था?’ बीजेपी के एजेंडा पर चलकर पार्टी में बना रहे अपनी मजबूती पॉलिटिकल एक्सपर्ट कन्हैया भेलारी ने कहा कि, ‘मुझे लगता है कि पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का एजेंडा सिर्फ कहने और दिखाने के लिए है। सच्चाई यही है कि वह बीजेपी के मेन एजेंडा पर काम कर रहे। इसलिए मंदिर-मंदिर जा रहे है या मंदिरों के लिए घोषणा कर रहे हैं। नीतीश कुमार को बीजेपी छोड़ भी नहीं सकती है। ऐसा करके मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी बीजेपी में भी खुद को मजबूत करना चाहते हैं।' सीएम सम्राट चौधरी ने अब तक जिन प्रमुख मंदिरों का दौरा किया है, जो इस प्रकार हैं: मुख्यमंत्री बनने के बाद सम्राट ने किन-किन मंदिरों के लिए बड़ी घोषणाएं की, जानें पुनौरा धाम कॉरिडोर 2028 तक पूरा करने का लक्ष्य मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने 25 अप्रैल को सीतामढ़ी के पुनौराधाम मंदिर निर्माण और पूरे प्रक्षेत्र के विकास कार्यों की समीक्षा की। पुनौराधाम मंदिर का निर्माण 31 दिसंबर 2028 तक हर हाल में पूरा करने का निर्देश दिया। इसके साथ ही ऑर्गनाइज्ड टाउनशिप विकसित करने का निर्णय लिया, ताकि क्षेत्र का समग्र विकास हो सके। साथ ही माता सीता से जुड़े सभी प्रमुख स्थलों को पुनौराधाम से जोड़ने का निर्देश दिया। इसमें सीतापुरम और सेटेलाइट टाउनशिप विकसित करने की योजना शामिल है। पटन देवी मंदिर के लिए कॉरिडोर विकास योजना की घोषणा मुख्यमंत्री ने 28 अप्रैल को पटना सिटी के बड़ी पटन देवी और छोटी पटन देवी मंदिरों के लिए एक कॉरिडोर विकास योजना (Corridor Development Plan) की घोषणा की है। इसके तहत श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पार्किंग और बेहतर बुनियादी ढांचे का निर्माण किया जाएगा। वहीं, जल्ला हनुमान मंदिर के पास की जलजमाव की समस्या के समाधान को लेकर जल संसाधन विभाग को योजना बनाने का निर्देश दिया। 2390 करोड़ रुपए से विष्णुपद मंदिर में कॉरिडोर बनाने की घोषणा मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने 22 अप्रैल को गया स्थित विष्णुपद मंदिर कॉरिडोर परियोजना की समीक्षा की। इस परियोजना के तहत विष्णुपद मंदिर परिसर, फल्गु नदी के तटीय क्षेत्र और आसपास के इलाकों को डेवलप किया जाएगा, जिस पर करीब 2390 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इस योजना के अंतर्गत कुल 694 स्ट्रक्चर विकसित किए जाएंगे, जिनमें कमर्शियल शॉप, वाहन पार्किंग, श्रद्धालुओं और पिंडदानियों के लिए शेड, घाटों का सौंदर्यीकरण, विष्णुपद मंदिर से मानपुर तक घाट विकास और सीता कुंड क्षेत्र का उन्नयन शामिल है। विष्णुपद मंदिर और सीता कुंड के बीच 108 फीट ऊंची भगवान विष्णु की प्रतिमा स्थापित की जाएगी, जहां तक पहुंचने के लिए पैदल पथ बनाया जाएगा। इसकी चौड़ाई कम से कम 20 फीट रखने का निर्देश दिया गया है, ताकि श्रद्धालुओं को आवागमन में कोई परेशानी न हो। काशी विश्वनाथ कॉरिडोर के तर्ज पर डेवलप होगा हरिहरनाथ मंदिर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोनपुर स्थित ऐतिहासिक बाबा हरिहरनाथ मंदिर को वाराणसी के काशी विश्वनाथ कॉरिडोर की तर्ज पर विकसित करने का ऐलान किया है। इसके लिए 680 करोड़ रुपए के भव्य प्रोजेक्ट की घोषणा की है। यह निर्णय उनके मुख्यमंत्री बनने के बाद कैबिनेट की पहली बैठक में लिया गया। 65,000 वर्ग मीटर में बनने वाले इस कॉरिडोर के तहत गंगा-गंडक संगम के घाटों का कायाकल्प, भव्य प्रवेश द्वार, विशाल परिक्रमा पथ और बेहतर पार्किंग जैसी सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
सोनीपत पुलिस ने शादी का झांसा देकर एक महिला से दुष्कर्म करने के आरोपी को बिहार से गिरफ्तार किया है। आरोपी को समस्तीपुर से पकड़कर कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे राहदारी रिमांड पर लिया गया है। यह गिरफ्तारी सोनीपत जिले के थाना HSIIDC बड़ी पुलिस द्वारा की गई। गिरफ्तार आरोपी की पहचान अभिनंदन पुत्र तारो निवासी बेगूसराय, बिहार के रूप में हुई है। इस मामले में शिकायत 10 अप्रैल 2026 को थाना HSIIDC बड़ी में दर्ज की गई थी। चैनपुर, बिहार की रहने वाली महिला ने आरोप लगाया था कि अभिनंदन ने शादी का झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म किया। भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था। थाना प्रबंधक HSIIDC बड़ी, उप निरीक्षक कुलदीप सिंह की अनुसंधान टीम में शामिल महिला सहायक उप निरीक्षक शर्मिला ने कार्रवाई की। महिला के मजिस्ट्रेट के सामने बयान दर्ज करवाए गए और महिला विशेषज्ञ व लीगल ऐड से काउंसलिंग भी करवाई गई। आरोपी अभिनंदन को समस्तीपुर, बिहार से गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपी को SDJM शिव प्रिया, अनुमंडल न्यायिक दंडाधिकारी, रोसड़ा, जिला समस्तीपुर, बिहार के समक्ष पेश किया गया। न्यायालय ने उसे तीन दिन के राहदारी रिमांड पर भेज दिया है।
पटना समेत पूरे बिहार का मौसम बदला हुआ है। मौसम विभाग ने आज यानी शनिवार को पूरे बिहार में बारिश को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इस दौरान 50 से 60Kmph की रफ्तार से हवा भी चल सकती है। कई जिलों में आकाशीय बिजली गिरने को लेकर चेतावनी जारी की गई है। वहीं शुक्रवार को किशनगंज, बांका समेत कई जिलों में तेज बारिश हुई। बारिश के बाद गोपालगंज सदर अस्पताल तालाब में तब्दील हो गया है। बेगूसराय में तेज बारिश के साथ ओले भी गिरे। कैमूर में शुक्रवार को आकाशीय बिजली गिरने एक मजदूर की मौत हो गई। खगड़िया में भी आकाशीय बिजली गिरने से एक युवक की मौत हो गई। बेतिया में तेज बारिश के बीच बैंड बाजे के साथ दूल्हा-दुल्हन की विदाई की गई। पहले मौसम से जुड़ी कुछ तस्वीरें… बीते 24 घंटे में कैसा रहा मौसम बीते 24 घंटे में मुजफ्फरपुर, मोतिहारी, बेतिया, बगहा, रक्सौल और शिवहर में तेज बारिश हुई। वहीं, पटना, अररिया, किशनगंज समेत कुछ जगहों पर हल्की बारिश से मौसम सुहाना बना रहा, जबकि कई शहरों में दिनभर बादल छाए रहे। बारिश के बीच कई जिलों के तापमान में गिरावट दर्ज की गई। कैमूर में तापमान में करीब 5 डिग्री की कमी आई है। शुक्रवार को यहां का तापमान 36.8 डिग्री दर्ज किया गया, जबकि बारिश से पहले यह करीब 41 डिग्री के आसपास था। रोहतास में तापमान में करीब 9 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई है। पिछले बुधवार को यहां का तापमान 44 डिग्री था, जो शुक्रवार को घटकर 35 डिग्री पर आ गया। वहीं, सबसे कम तापमान जहानाबाद में 31.5 डिग्री दर्ज किया गया। आगे कैसा रहेगा मौसम
भीषण गर्मी झेल चुके देश के बड़े हिस्से में शुक्रवार को तेज हवाओं के साथ बारिश से कुछ राहत मिली। उत्तर प्रदेश, बिहार समेत 9 राज्यों में आंधी-बारिश और ओले गिरे। इससे तापमान में 3-5C तक की गिरावट हुई। बिहार के 10 जिलों में शुक्रवार को तेज बारिश हुई। बारिश के बाद गोपालगंज के सदर हॉस्पिटल में पानी भर गया। बेगूसराय में ओले भी गिरे। यूपी के 8 जिलों में बारिश हुई। मौसम विभाग ने 62 जिलों में आंधी, बिजली गिरने की आशंका जताई है। मध्य प्रदेश के जबलपुर और दमोह में हल्की बारिश दर्ज की गई। शुक्रवार को राजस्थान का बाड़मेर देश में सबसे गर्म जगह रही। यहां तापमान 44.6C और बीकानेर में 44.2C रहा। जोधपुर IIT में पानी खत्म होने के कारण स्टूडेंट के लिए पानी के टैंकर्स की व्यवस्था की गई। वहीं महाराष्ट्र के वर्धा और चंद्रपुर में पारा 44C रहा। दिल्ली में तेज गर्मी को देखते हुए सरकार ने जलदूत अभियान के तहत शहर के 23 बड़े बस टर्मिनलों और करीब 3 हजार डीटीसी बसों में यात्रियों के लिए मुफ्त पीने के पानी की व्यवस्था की गई है। मई में सामान्य से ज्यादा बारिश का अनुमान मौसम विभाग ने मई में देश में सामान्य से बारिश होने और कई हिस्सों में अधिकतम तापमान सामान्य से कम रहने का अनुमान जताया है। साथ ही अलग-अलग इलाकों में टेम्परेचर मिला-जुला रहेगा। वहीं गुजरात और महाराष्ट्र के कई हिस्सों में हीटवेव की स्थिति सामान्य से ज्यादा रहने की आशंका है। असम, ओडिशा, कर्नाटक, तमिलनाडु और केरल के कुछ अलग-अलग स्थानों पर (7-20 cm) बारिश दर्ज की गई है। हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, ओडिशा और तेलंगाना के कई इलाकों में ओलावृष्टि हुई है। बिहार, महाराष्ट्र, उत्तराखंड, पश्चिम बंगाल, मिजोरम, छत्तीसगढ़, राजस्थान, झारखंड, ओडिशा, असम, अरुणाचल प्रदेश, गुजरात, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश की अलग-अलग जगहों पर आंधी-तूफान आया। अगले 2 दिन के मौसम का हाल 3 मई: 4 मई: देशभर के मौसम से जुड़ी 4 तस्वीरें…
दिल्ली में खगड़िया निवासी पांडव कुमार की पुलिस गोलीबारी में हुई मौत के विरोध में शिवहर जिला कांग्रेस कमेटी ने शुक्रवार को जोरदार प्रदर्शन किया। जिलाध्यक्ष अधिवक्ता अफरोज आलम के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने शहर के जीरो माइल पर देश के गृह मंत्री अमित शाह और बिहार सरकार के खिलाफ पुतला दहन किया। प्रदर्शन के दौरान अफरोज आलम ने घटना की कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ एक युवक की हत्या नहीं, बल्कि पूरे बिहार के सम्मान पर हमला है। उन्होंने आरोप लगाया कि पांडव कुमार को सिर्फ बिहारी होने के कारण निशाना बनाया गया, जो देश में क्षेत्रीय भेदभाव की गंभीर स्थिति को दर्शाता है। आलम ने गृह मंत्री से इस्तीफे की मांग करते हुए कहा कि दिल्ली की कानून-व्यवस्था की जिम्मेदारी केंद्र सरकार की है, ऐसे में जवाबदेही तय होनी चाहिए। कांग्रेस नेताओं ने मृतक के परिजनों को 20 लाख रुपये मुआवजा और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की भी मांग की। क्षेत्रीय आधार पर भेदभाव संविधान की मूल भावना के खिलाफ उन्होंने बिहार सरकार से इस मामले में हस्तक्षेप कर पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की अपील की। जिला पर्यवेक्षक कमलेश कुमार सिंह ने कहा कि भारत एक लोकतांत्रिक देश है, जहां हर नागरिक को समान अधिकार प्राप्त हैं। क्षेत्रीय आधार पर भेदभाव संविधान की मूल भावना के खिलाफ है और ऐसी घटनाएं देश की एकता को कमजोर करती हैं। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने “हत्यारे को फांसी दो” और “अमित शाह इस्तीफा दो” जैसे नारे लगाए। इस मौके पर कांग्रेस के कई पदाधिकारी और दर्जनों कार्यकर्ता मौजूद रहे।
कटिहार में बुद्ध पूर्णिमा का पर्व शुक्रवार को श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। शहर के लालियाही स्थित बौद्ध बिहार में आयोजित महोत्सव में बड़ी संख्या में श्रद्धालु और बुद्ध उपासक शामिल हुए। कार्यक्रम की शुरुआत गौतम बुद्ध की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर हुई। इसके बाद वंदना, पाठ, धम्म प्रवचन और धम्म चर्चा जैसे आध्यात्मिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। इन कार्यक्रमों के माध्यम से शांति, करुणा और अहिंसा का संदेश दिया गया। धम्म पर आधारित संगीतमय प्रस्तुतियां भी हुईं। एक पौधारोपण कार्यक्रम भी आयोजित किया गया महोत्सव की अध्यक्षता बुद्ध उपासक विश्वनाथ राम कुशवाहा ने की। इस अवसर पर पर्यावरण संरक्षण का संदेश देने के लिए एक पौधारोपण कार्यक्रम भी आयोजित किया गया, जिसमें लोगों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। समिति के अध्यक्ष गिरिजा प्रसाद सहनी ने बताया कि बुद्ध पूर्णिमा केवल एक धार्मिक पर्व नहीं, बल्कि मानवता को शांति और करुणा का मार्ग दिखाने का अवसर है। विश्वनाथ राम कुशवाहा ने भगवान बुद्ध के सिद्धांतों को जीवन में अपनाने पर जोर दिया। पूर्व शिक्षा राज्य मंत्री डॉ. राम प्रकाश महतो उपस्थित रहे कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर पूर्व शिक्षा राज्य मंत्री डॉ. राम प्रकाश महतो उपस्थित रहे। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में भगवान बुद्ध के विचार समाज को सही दिशा देने में अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। इस अवसर पर बीके सिंह, मनीष पासवान उर्फ अभय, प्रवीण पासवान, हरे राम सिंह, शिव शंकर पासवान, नवीन कुमार, डॉ. रीना और अजय शाह सहित कई बुद्ध प्रेमी मौजूद थे। पूरे आयोजन के दौरान श्रद्धा, भक्ति और सामाजिक एकता का वातावरण देखा गया।
बिहार के शहरी क्षेत्रों में विकास के लिए राज्य सरकार ने अमृत 2.0 योजना के तहत 21 परियोजनाओं को स्वीकृति दी गई है। इसमें से 18 प्रोजेक्ट्स पर काम शुरू कर दिया गया है, जिनमें से 3 नई परियोजनाएं प्रशासनिक स्वीकृति के अंतिम चरण में हैं। बुडको द्वारा 2451.39 करोड़ रुपये की लागत से इन सभी जलापूर्ति योजनाओं पर काम किया जा रहा है। लोगों को पानी के लिए टैंकरों या निजी बोरिंग पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। 2027 तक काम पूरा करने का टारगेट इसका मुख्य उद्देश्य पटना, आरा, बक्सर, भागलपुर सहित 18 प्रमुख शहरों के घर-घर तक पाइपलाइन के जरिये स्वच्छ पानी पहुंचाना है। बुडको के मुताबिक, बिहारशरीफ, कटिहार, बेतिया और छपरा में काम शुरू हो चुका है, जिसे 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। वर्तमान में जर्जर पाइपलाइन और पुराने ओवरहेड टैंकों के कारण पानी घरों तक नहीं पहुंच पा रहा है। इन शहरों में पेयजल के लिए नयी तकनीक और अतिरिक्त जल स्रोतों का सहारा लिया जा रहा है। टैंकरों या निजी बोरिंग पर निर्भर नहीं रहेंगे लोग यह प्रोजेक्ट उन क्षेत्रों के लिए है, जहां आबादी बढ़ने के कारण जल संकट गहरा गया है। 2027 तक इस प्रोजेक्ट के पूरा होने से लोगों को टैंकरों या निजी बोरिंग पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। अब तक 9 परियोजनाओं पर काम शुरू हो चुका है, जिसके लिए 802.40 करोड़ रुपये आवंटित किये गये हैं। बाकी बची 9 महत्वपूर्ण योजनाओं में मोतिहारी, पूर्णिया, दरभंगा, सासाराम सहित अन्य टेंडर प्रक्रिया में हैं। इन पर 1307.91 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है।
पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए बिहार पर्यटन विभाग ने एक नई वेबसाइट लॉन्च की है। पर्यटकों को अब जानकारी और सुविधाएं दोनों एक ही प्लेटफार्म पर मिलेगी। इस वेबसाइट के जरिए टूरिस्ट घर बैठे 38 होटलों और विभिन्न टूर पैकेजों की बुकिंग कर सकते हैं, जिससे यात्रा की प्लानिंग करना आसान होगा। इस वेबसाइट https://bstdcmis.bihar.gov.in/ के जरिए पर्यटक घर बैठे अपने पसंद के स्थलों का चयन कर भ्रमण कर सकते हैं। होटलों से जुड़ी पूरी जानकारी ऑनलाइन मिलेगी इस वेबसाइट के जरिए से होटलों से जुड़ी पूरी जानकारी ऑनलाइन मिलेगी। पर्यटक अपनी पसंद के अनुसार होटल का चयन कर सकेंगे। इसमें सभी होटलों के नाम के साथ दी गई सुविधाओं के बारे में भी जिक्र किया गया है। इसमें रूम सर्विस, कैब सर्विस, फ्री वाई-फाई, इसमें लाउंज, हाउसकीपिंग, 24 घंटे फ्रंट डेस्क, रेस्टोरेंट, कार पार्किंग जैसे सुविधाओं के बारे में पूरी जानकारी दी गई है। बुकिंग की प्रक्रिया पूरी तरह से डिजिटल होगी। 2600 से 3500 रुपये है टूर पैकेज की कीमत पर्यटक टूर पैकेज के जरिए पर्यटन स्थलों का भ्रमण कर आनंद उठा सकते हैं। इसमें पटना, पावापुरी, ककोलत वाटरफॉल, नालंदा, राजगीर और बोधगया जैसे पर्यटन स्थल प्रमुख है। टूर पैकेज की कीमत 2600 से 3500 रुपये प्रति व्यक्ति तय की गई है। इस कीमत में पर्यटकों को नाश्ता, दोपहर का भोजन, शाम का नाश्ता, अनुभवी गाइड, शुद्ध जल के साथ स्मारकों में एंट्री टिकट के साथ वातानुकूलित बस से सफर करने का अवसर मिलेगा। टूर पैकेज के लिए 10 यात्रियों की बुकिंग अनिवार्य पर्यटन निगम के मुताबिक, प्रत्येक टूर का संचालन के लिए नियमित 10 यात्रियों की बुकिंग अनिवार्य है। ताकि यात्रा का प्रबंधन सुचारु रूप से किया जा सके। इस पैकेज के तहत पटना दर्शन को भी शामिल किया गया है। इसमें गांधी मैदान स्थित गांधीजी की प्रतिमा, बिहार संग्रहालय, बुद्ध स्मृति पार्क, जेपी गंगा पथ मरीन ड्राइव और इवनिंग क्रूज जैसी खास जगहों को शामिल किया गया है। वेबसाइट के जरिए राजगीर के रोपवे टिकट की बुकिंग कर सकते हैं। इसके साथ ही बांका के ओढ़नी डैम और वॉटर स्पोर्ट्स का भी आनंद ले सकते हैं।
बिहार कैबिनेट ने गंगा एवं नारायणी पथवे परियोजना को स्वीकृति दे दी है। बैकुंठपुर के भाजपा विधायक मिथिलेश तिवारी की मांग पर बिहार सरकार ने यह फैसला लिया है। इस परियोजना के तहत सारण जिले के दरिहरा से गोपालगंज जिले के डुमरिया घाट तक 73.51 किलोमीटर लंबा नारायणी पथवे बनाया जाएगा। विधायक मिथिलेश तिवारी ने बिहार विधानसभा के अठारहवें सदन के द्वितीय सत्र में इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया था। उनकी इस पहल पर तत्कालीन उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और पथ निर्माण मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने सकारात्मक आश्वासन दिया था। पटना तक आवागमन आसान और तेज होगा परियोजना को स्वीकृति मिलने पर विधायक मिथिलेश तिवारी ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह पथवे बिहार के समग्र विकास में सहायक होगा। इससे पटना तक आवागमन आसान और तेज होगा, साथ ही ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के बीच की दूरी भी कम होगी। तिवारी ने बताया कि इस परियोजना से व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। कृषि उत्पादों के परिवहन में सुविधा होगी, पर्यटन को नई पहचान मिलेगी और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा होंगे। यह पथवे आपातकालीन सेवाओं के लिए भी महत्वपूर्ण साबित होगा। आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर का प्रतीक बनेगा पथवे गंगा और नारायणी के किनारे विकसित होने वाला यह पथवे आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर का प्रतीक बनेगा और बिहार को आर्थिक तथा सामाजिक रूप से आगे बढ़ाने में मदद करेगा।
फरीदाबाद के बल्लभगढ़ क्षेत्र में देर रात एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया, जिसमें बाइक सवार एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसका साथी गंभीर रूप से घायल हो गया। यह हादसा बीती रात करीब 1 बजे सेक्टर-5 के पास संत सूरदास मेट्रो स्टेशन के सामने स्थित पेट्रोल पंप के नजदीक हुआ। मृतक की पहचान 26 वर्षीय गौरव कुमार के रूप में हुई है। वह मूल रूप से बिहार के लखीसराय जिले का रहने वाला था। पिता नवोदय महतो ने बताया कि उनका बेटा बल्लभगढ़ के सेक्टर-3 में किराए के मकान में रहता था और टेंट हाउस में मजदूरी कर अपना गुजारा करता था। काम खत्म करके दोस्त के साथ लौट रहा था बुधवार रात वह एक शादी समारोह में टेंट लगाने का काम खत्म करने के बाद अपने दोस्त मोहित के साथ बाइक पर वापस लौट रहा था। इसी दौरान बाइक में पेट्रोल कम होने के कारण दोनों पेट्रोल भरवाने के लिए संत सूरदास मेट्रो स्टेशन के सामने स्थित पेट्रोल पंप की ओर जा रहे थे। पीछे से पिकअप ने मारी टक्कर, ऊपर से गजर गई बताया जा रहा है कि बल्लभगढ़ की तरफ से पेट्रोल पंप के पास पहुंचा तो पीछे से तेज रफ्तार में आ रहे लोडिंग वाले पिकअप वाहन ने उसकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक सवार दोनों युवक सड़क पर गिर गए और पिकअप वाहन गौरव के ऊपर से गुजर गया। इससे गौरव को गंभीर चोटें आईं, जबकि पीछे बैठा दोस्त मोहित भी घायल हो गया। हादसे के बाद पिकअप वाहन चालक गाड़ी लेकर मौके से फरार हो गया। आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी और घायलों को अस्पताल ले जाने की कोशिश की। हालांकि अस्पताल पहुंचने से पहले ही गौरव ने घटनास्थल पर दम तोड़ दिया। वहीं घायल मोहित को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज जारी है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजाघटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल की मोर्चरी में भिजवा दिया। पुलिस प्रवक्ता यशपाल ने बताया कि अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है और उसकी तलाश की जा रही है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
सुल्तानपुर पुलिस और एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) की संयुक्त टीम ने अवैध गांजा तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। टीम ने लगभग 98.927 किलोग्राम गांजा बरामद कर दो अंतर्राज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया है। बरामद गांजे की कीमत लाखों रुपये बताई जा रही है। ANTF बाराबंकी को मुखबिर से सूचना मिली थी कि सुल्तानपुर क्षेत्र में भारी मात्रा में अवैध गांजे की खरीद-फरोख्त होने वाली है। इस सूचना के आधार पर ANTF प्रभारी और सुल्तानपुर पुलिस टीम ने कोतवाली नगर क्षेत्र के सौरमऊ अंडरपास के पास घेराबंदी की। पुलिस टीम ने एक संदिग्ध नीले रंग की बलेनो कार (UP44BU4002) को रोकने का प्रयास किया। पुलिस की घेराबंदी देख कार सवारों ने भागने की कोशिश की, लेकिन उन्हें पकड़ लिया गया। वाहन की तलाशी के दौरान कार की पिछली सीट और डिग्गी से कुल चार बोरियां मिलीं। इन बोरियों में 99 छोटे पैकेटों में 98.927 किलोग्राम गांजा भरा हुआ था। गिरफ्तार किए गए अभियुक्तों की पहचान वेदप्रकाश मिश्रा (43 वर्ष), पुत्र स्व. हरिप्रसाद मिश्रा, निवासी ग्राम बेलाही, थाना लम्भुआ, जनपद सुल्तानपुर, और पवन कुमार तिवारी (52 वर्ष), पुत्र स्व. पारसनाथ तिवारी, निवासी पठखौली रोड, कस्बा व थाना लम्भुआ, जनपद सुल्तानपुर के रूप में हुई है। पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि वे यह गांजा बिहार से लाकर उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में सप्लाई करते थे। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और बिहार स्थित सप्लायरों की तलाश कर रही है। पुलिस ने दोनों अभियुक्तों के विरुद्ध थाना कोतवाली नगर में मामला दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया है। इस सफल ऑपरेशन में क्षेत्राधिकारी नगर सौरभ सामंत, उप-निरीक्षक करुणेश पाण्डेय (ANTF), उप-निरीक्षक पुरुषोत्तम विश्वकर्मा और उनकी टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
लुधियाना की गर्लफ्रेंड ने बिहार में जाकर बॉयफ्रेंड की शादी में हंगामा कर दिया। युवती कुएं पर चढ़कर सुसाइड की धमकी देने लगी। उसका कहना था कि मेरा बॉयफ्रेंड किसी और लड़की से शादी कर रहा है। प्रेमिका ने उस पर शादी का झांसा देकर संबंध बनाने और बाद में मुकरने का आरोप लगाया। हंगामे के कारण शादी की रस्मों को रोकना पड़ा और पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा। लड़की ने कहा- जिस लड़के के साथ मैं रिलेशनशिप में थी, वह मुझे शादी का झांसा देकर अपने गांव आ गया है। हंगामे के बाद मौके पर भारी भीड़ जुट गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। काफी मशक्कत के बाद स्थिति को नियंत्रित किया गया और दोनों पक्षों को थाने लाया गया। आरोपी युवक की पहचान बिहार में सीवान के मैरवा थाना क्षेत्र के छेनी छापर गांव के रहने वाले अजीत कुमार दुबे के रूप में हुई है। वहीं, युवती की पहचान पंजाब के लुधियाना के शिमलापुरी थाना क्षेत्र स्थित न्यू शिमला गांव की रहने वाली अंजलि जायसवाल के रूप में हुई है। घटना से जुड़े PHOTOS… सिलसिलेवार ढंग से जानिए पूरा मामला… लुधियाना में साथ करते थे काम अंजलि जायसवाल ने बताया, मैं लुधियाना में जॉब करती हूं। एक साल पहले 2025 के जनवरी में ऑफिस में मेरी मुलाकात अजीत से हुई थी। हम दोनों एक ही कंपनी में काम करते थे। दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई और धीरे-धीरे रिश्ता प्यार में बदल गया। अंजलि के मुताबिक, मई 2025 से दोनों लिव-इन रिलेशनशिप में रहने लगे। इस दौरान अजीत ने शादी का वादा किया और उसी भरोसे पर उसने शारीरिक संबंध बनाए। अब जब शादी की बात करने लगी तो वह मुकर गया। युवती का आरोप है कि युवक और उसके परिवार वाले कह रहे हैं कि वह दूसरी जाति की है, इसलिए उससे शादी नहीं की जा सकती। मैंने शुरू में साफ कहा था कि अगर शादी करनी है तभी बात करना, वरना मुझसे कोई मतलब मत रखना। उसने बार-बार कहा कि वह मुझसे शादी करेगा। इसी कारण मैंने उस पर भरोसा किया। मैं उसकी हर बात मानती थी अंजलि ने आगे बताया- धीरे-धीरे हमारा रिश्ता गहरा हुआ। उसने मुझे हर तरह से भरोसा दिलाया कि वह मुझे अपनी पत्नी बनाएगा। वह मुझे अलग-अलग जगह घुमाने ले जाता था। मंदिर ले जाता था। उसके व्यवहार से लगता था कि वह सचमुच मुझे दिल से चाहता है। मैं उसकी हर बात मानती थी। किससे बात करनी है, किससे नहीं करनी है, कहां जाना है, कहां नहीं जाना है, किस नौकरी में रहना है, कब छुट्टी लेनी है, मैं सब मानती थी। मुझे लगता था कि वह मेरा होने वाला पति है, इसलिए उसकी बात मानना गलत नहीं है। उसने अपनी पारिवारिक परेशानियां भी बताईं। उसने कहा कि घर की हालत ठीक नहीं है। मेरा किडनी खराब है। मुझे छोड़कर मत जाना। मैं अपने घर की जिम्मेदारी खुद उठाती हूंअंजलि ने आगे कहा, मैं खुद अपने परिवार की जिम्मेदारी उठाती हूं। मेरे पिता नहीं हैं, दो छोटे भाई हैं। उनकी पढ़ाई का खर्च मैं देती हूं। मां को हार्ट की दिक्कत है, इसलिए उसकी बातों से मैं भावनात्मक रूप से जुड़ गई और हर हाल में उसका साथ देने लगी। लेकिन बाद में पता चला कि वह मुझे सिर्फ इस्तेमाल कर रहा था। शादी का झांसा देकर उसने मेरे साथ शारीरिक संबंध बनाए। कई बार उसने जबरदस्ती भी की। एक बार उसने मेरी कोल्ड ड्रिंक में शराब मिलाकर पिला दी, जबकि मैं शराब से दूर रहती हूं। इसके बाद भी उसने कई बार मेरे साथ गलत किया। उसकी शादी की जानकारी मिलने के बाद मैं यहां आई हूं लुधियाना की युवती ने कहा कि जब मैंने शादी की बात तेज की तो उसके परिवार ने भी मुझे भरोसा दिया। उसकी मां और बहन वीडियो कॉल पर मुझसे बात करती थीं। मुझे संस्कारी लड़की कहती थीं। कहती थी कि शादी हो जाएगी। यहां तक कहा गया कि पहले उसकी बहन की शादी होगी, फिर हमारी शादी कराई जाएगी। मैं इसी भरोसे पर शांत रही। फिर अचानक सोशल मीडिया और गांव के लोगों से पता चला कि लड़के की शादी तय हो गई है। जब शादी की जानकारी मिली तो मेरे पास यहां आने के अलावा कोई रास्ता नहीं था। अगर मैं नहीं आती, तो वह चुपचाप दूसरी शादी कर लेता और मेरी जिंदगी बर्बाद हो जाती। अजीत का हो गया था तिलक, मुझे उससे शादी करनी है अंजलि ने आगे बताया, मेरा सीवान आने का सबसे बड़ा कारण ये था कि हरियाणा में भी लड़के के परिवार वाले और उनके वकील लगातार झूठ बोल रहे थे। पंजाब पुलिस को कहा जा रहा था कि एक सप्ताह बाद वे खुद मेरी फैमिली को लेकर आएंगे। शादी की बात करेंगे, लेकिन मुझे पता था कि अगर मैं इंतजार करती, तब तक उसकी शादी हो चुकी होती। मुझे जब पता चला कि अजीत का तिलक हो रहा है और शादी का कार्ड भी सामने आ गया, तब मैं मंगलवार की सुबह ट्रेन पकड़ा और यहां के लिए निकल गई। मैंने अपने परिवार से कहा, मैं ऑफिस जा रही हूं। मेरी फैमिली पहले से डरी हुई थी। अजीत के परिवार वाले मुझे जान से मारने की लगातार धमकियां दे रहे थे। इन धमकियों के बावजूद मैं यहां आई, क्योंकि मैं देखना चाहती थी कि आखिर मेरे साथ इतना बड़ा धोखा कैसे किया जा सकता है। मैं ट्रेन के नीचे आकर भी मर जाऊंगी अंजलि ने कहा कि मैं पूरी तरह टूट चुकी थी। मुझे लग रहा था कि अगर अब भी मुझे न्याय नहीं मिला तो मेरे पास जीने का कोई कारण नहीं बचेगा, इसलिए मैं कुएं पर चढ़ गई थी। मैंने कहा था कि अगर मेरी शादी उससे नहीं हुई, या मुझे इंसाफ नहीं मिला, तो मैं जान दे दूंगी। मैं ट्रेन के नीचे आकर भी मर जाऊंगी, लेकिन इस तरह धोखा सहकर चुप नहीं बैठूंगी। मैं पढ़ी-लिखी लड़की हूं। बीकॉम किया है, नौकरी करती हूं और अपने परिवार को संभालती हूं। मैं किसी पर बोझ नहीं हूं। मैंने सिर्फ प्यार किया और शादी की उम्मीद की थी, लेकिन मुझे धोखा मिला। मेरा इस्तेमाल किया गया और अब धमकी भी मिल रही है। मेरी सिर्फ एक मांग है कि मुझे न्याय मिले। जिसने मेरे साथ शादी का वादा कर रिश्ता बनाया, मेरे जीवन से खेला, उसे उसके किए की सजा मिले। मैं इतनी दूर सिर्फ तमाशा करने नहीं आई हूं, अपने हक और सम्मान के लिए आई हूं। घटना की सूचना मिलने पर मैरवा थाना प्रभारी राहुल कुमार मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित किया। उन्होंने बताया कि दोनों पक्षों को समझाकर शांत कराया गया है और उन्हें थाने लाया गया है। साथ ही युवती के परिजनों को भी सूचना दे दी गई है। पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। फिलहाल यह घटना पूरे इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है और लोग इसे लेकर तरह-तरह की बातें कर रहे हैं। पुलिस का कहना है कि दोनों पक्षों के बयान के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
‘बिहारियों पर मजदूर होने का ठप्पा लगा है। पूरे देश के लोग हमें मजदूर की तरह ट्रीट करते हैं। हमें आज भी हर कोई गरीब ही मानता है। बिहारी कोई गाली नहीं, बल्कि संघर्ष, मेहनत और हौसले की पहचान है। हमें तिरस्कार नहीं, सम्मान मिलना चाहिए। दिल्ली में युवक की हत्या पूरे बिहार की बेइज्जती है।’ ये कहना है खगड़िया के रहने वाले छात्र निखिल कुमार का, जिनके गांव के रहने वाले पांडव कुमार को दिल्ली पुलिस के कॉन्सटेबल ने गोली मार दी। पांडव 8 साल पहले गांव से दिल्ली गया था। यहां ससुराल में उसकी बहन की हत्या कर दी गई थी। परिवार आर्थिक रूप से बहुत कमजोर है। पांडव कुमार कौन है? किस वजह से उसकी हत्या की गई? इस घटना पर मृतक के गांववालों का क्या कहना है? इन सारे सवालों का जवाब जानने के लिए…पढ़िए पूरी रिपोर्ट… पहले जानिए क्या है मामला, कौन है पांडव कुमार? पांडव कुमार बिहार के खगड़िया के गंगौर थाना क्षेत्र अंतर्गत तेताराबाद पंचायत के वार्ड संख्या-15 स्थित खड़गी तिरासी गांव का निवासी था। वो पिछले 8 साल से अपने परिवार के साथ दिल्ली की प्रजापति कॉलोनी, उत्तम नगर में रहता था। परिवार में पिता गणेश सिंह, मां, एक भाई विकास और शादीशुदा बहन है। पिता बीमार हैं। छोटा भाई टीबी से पीड़ित है। मां मजदूरी करके परिवार संभालती थीं। पांडव कुमार कुछ साल पहले यूट्यूब रिपोर्टर के तौर पर काम करता था। जब इससे उसके घर का खर्च नहीं चला तो उसने जोमैटो में डिलीवरी बॉय का काम करना शुरू कर दिया। शनिवार को इसके दोस्त रूपेश कुमार के दो साल के बेटे का जन्मदिन था। रूपेश कुमार जाफरपुर कलां में रहता है। पार्टी खत्म कर लौट रहे थे, कॉन्स्टेबल ने गोली मारी पांडव के दोस्त ने पुलिस को बताया, कई दोस्त रूपेश की जन्मदिन की पार्टी में मौजूद थे। देर रात पार्टी खत्म होने के बाद करीब 20 लोग गली से निकलकर मेन रावता रोड पर आ गए। इनमें कई महिलाएं और युवक मौजूद थे। कैब बुक करने के बाद कई लोग चले भी गए। सड़क पर एक बाइक पर पांडव, कृष्णा और दीपक थे। स्कूटी पर छोटू किशन मौजूद था। रात करीब 2 बजे रूपेश इनको छोड़ने के लिए वहां मौजूद था। इस बीच सामने रहने वाला हवलदार नीरज नशे में धुत होकर वहां पहुंचा। आते ही उसने भीड़ लगाने का कारण पूछा। इस बीच नीरज ने लड़कों से पूछा कि तुम लोग कहां के रहने वाले हो। जैसे ही पांडव ने बताया कि वह बिहार का रहने वाला है, उसने गाली-गलौज शुरू कर दी। इस बीच कॉन्स्टेबल ने पिस्टल निकालकर पहले पांडव के सिर पर रखी और बाद में सीने से सटाकर उस पर गोली चला दी। गोली पांडव के सीने को चीरती हुई ठीक उसके पीछे बैठे कृष्णा के पेट में जा लगी। बाद में आरोपी सभी लड़कों को धमकाता हुआ वहां से फरार हो गया। अस्पताल में पांडव को मृत घोषित कर दिया, कृष्णा का इलाज जारी है। गांव में हर चेहरे पर गुस्सा-दर्द था इस घटना के बाद भास्कर की टीम जिला मुख्यालय से 100 KM दूर पांडव कुमार के गांव पहुंची। गांव के सभी लोग पांडव के झोपड़ीनुमा के घर के आगे भीड़ लगाए खड़े थे। हर किसी के चेहरा गम और गुस्से से भरा था। सबसे पहले हमारी मुलाकात पांडव के ही गांव के रहने वाले निखिल कुमार से हुई। निखिल ने बताया, “मैं सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहा हूं। मुझे सोमवार की सुबह न्यूज से घटना की जानकारी मिली। मैं परेशान हो गया।” बिहार ने सिर्फ मजदूर नहीं इंजीनियर और साइंटिस्ट भी दिए निखिल ने बताया, “पूरे भारत में आज भी बिहारवासियों पर मजदूरी का एक गलत ठप्पा लगा दिया गया है। अक्सर ‘बिहारी’ शब्द को तिरस्कार की नजर से देखा जाता है, जबकि सच्चाई यह है कि बिहारी होना किसी गाली का नहीं, बल्कि संघर्ष, मेहनत और हौसले की पहचान है। बिहार की धरती ने सिर्फ मजदूर ही नहीं दिए, बल्कि अफसर, शिक्षक, डॉक्टर, इंजीनियर, सैनिक, वैज्ञानिक और देश को दिशा देने वाले अनगिनत प्रतिभाशाली लोग भी दिए हैं। यह वही मिट्टी है जिसने हर क्षेत्र में देश को मजबूत किया है, लेकिन दुखद बात यह है कि आज भी कई लोग बिहार को सिर्फ मजदूर के नजरिए से देखते हैं। बिहार के लोग जहां भी जाते हैं, अपने सपनों को पूरा करने, परिवार का पेट पालने और बेहतर भविष्य बनाने के लिए जाते हैं। वे अपनी मेहनत और ईमानदारी से हर शहर, हर राज्य और हर क्षेत्र में अपनी पहचान बनाते हैं। सबसे ज्यादा पीड़ा तब होती है, जब दिन-रात मेहनत करने वाले लोगों को सम्मान नहीं मिलता, और जब किसी इंसान को उसकी काबिलियत से नहीं, बल्कि उसके राज्य और पहचान के आधार पर आंका जाता है। बिहारवासियों ने हमेशा अपने पसीने से देश की तरक्की में योगदान दिया है, इसलिए उन्हें तिरस्कार नहीं, बल्कि सम्मान की नजर से देखा जाना चाहिए।” एक कमरे में रहता है पूरा परिवार वहीं, वार्ड सदस्य मंटू सिंह ने बताया, “उन्हें घटना की जानकारी रविवार की सुबह मिली। कुछ ग्रामीणों ने उन्हें बताया कि गणेश के बेटे की दिल्ली में गोली मारकर हत्या कर दी गई है। आरोप है कि पुलिस ने ‘बिहारी’ कहकर अपमानजनक टिप्पणी की और फिर गोली चला दी। यह बेहद शर्मनाक और निंदनीय घटना है। हम सभी की मांग है कि पांडव कुमार को न्याय मिले और दोषी को कड़ी सजा दी जाए।” उन्होंने कहा कि मृतक का परिवार बेहद गरीब है। घर की आर्थिक स्थिति बहुत कमजोर है। परिवार के पास न पर्याप्त जमीन है और न ही आय का कोई स्थायी साधन है। घर में सिर्फ एक कमरा है, जिसमें पूरा परिवार रहता है। कचरा इक्ट्ठा कर हर दिन का चलता है खर्च पांडव कुमार का छोटा भाई टीबी बीमारी से जूझ रहा है और कमाने की स्थिति में नहीं है। माता-पिता बुजुर्ग हैं। पिता गणेश सिंह की उम्र करीब 60 साल बताई जा रही है, जबकि मां मीना देवी घरों में झाड़ू-पोछा कर और मजदूरी कर परिवार चलाने में सहयोग करती हैं। कभी-कभी कचरा बीनकर भी घर का खर्च चलाना पड़ता है। उन्होंने बताया कि पांडव कुमार करीब 8 साल पहले दिल्ली गया था। वहां डिलीवरी का काम शुरू किया था। परिवार को उम्मीद थी कि अब घर की हालत सुधरेगी, लेकिन उससे पहले ही उसकी गोली मारकर हत्या कर दी गई। मंटू सिंह ने सरकार से मांग की कि पीड़ित परिवार को तत्काल आर्थिक सहायता दी जाए। परिवार के एक सदस्य को नौकरी मिले और आरोपी को जल्द से जल्द सख्त सजा दिलाई जाए। पांडव की हत्या बिहार के सम्मान से जुड़ा वहीं, तेतराबाद पंचायत के मुखिया प्रतिनिधि रमेश चौधरी ने कहा, इस घटना से पूरा इलाका सदमे में है। यह घटना अब सिर्फ एक परिवार का दर्द नहीं रही, बल्कि पूरे बिहार के सम्मान से जुड़ा मामला बन गई है। रमेश चौधरी के अनुसार, आरोपी पुलिसकर्मी नशे की हालत में था। उसने पांडव और उसके साथियों से पूछा कि वे कौन हैं और यहां क्या कर रहे हो? जब पांडव ने बताया कि वे दोस्त के यहां जन्मदिन मनाने आए थे और अब वापस जा रहे हैं। इसपर आरोपी ने गाली-गलौज शुरू कर दी। उसने कथित तौर पर ‘बिहारी’ कहकर अपमानित किया और कहा कि तुम लोग यहां क्यों रहते हो, जल्दी निकलो। जब पांडव ने विरोध किया कि वह गाली क्यों दे रहे हैं, तब आरोपी ने धमकी दी कि मार भी देंगे। इसके बाद उसने गोली चला दी। रक्षक, भक्षक बन जाए, तो आम लोगों का विश्वास कैसे बचेगा? उन्होंने आगे बताया, गोली पांडव कुमार को लगी और उसके पीछे बैठे उसके दोस्त को भी घायल कर दिया। पांडव की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि घायल युवक को तुरंत दीनदयाल अस्पताल ले जाया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है। रमेश चौधरी ने कहा, इस घटना से सिर्फ गांव ही नहीं, पूरा जिला और पूरा बिहार मर्माहत है। अगर ‘बिहारी’ कहकर किसी युवक की हत्या की जाती है और वह भी कानून की रक्षा करने वाले पुलिसकर्मी के हाथों, तो यह बेहद गंभीर मामला है। जब रक्षक ही भक्षक बन जाए, तो आम लोगों का विश्वास कैसे बचेगा। 50 लाख रुपए का दिया जाए मुआवजा उन्होंने बिहार सरकार और दिल्ली सरकार से मांग की कि मृतक के परिवार को तत्काल 50 लाख रुपए मुआवजा दिया जाए। परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए। दोषी पुलिसकर्मी पर सख्त कार्रवाई हो। साथ ही उन्होंने कहा कि बिहार सरकार को ऐसा तंत्र बनाना चाहिए, जिससे देश के किसी भी हिस्से में रहने वाले बिहारियों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। पांडव के परिवार के पास न जमीन है, न पक्का घर। सरकारी योजनाओं का भी लाभ उन्हें नहीं मिल पाया। आवास योजना और शौचालय योजना से भी परिवार वंचित रह गया है। बड़ी बहन की ससुराल में दहेज के लिए कर दी गई हत्या पांडव की चाची रंजन ने बताया, तीन साल पहले इसकी बड़ी बहन की ससुरालवालों ने दहेज के लिए हत्या कर दी थी। पांडव का परिवार गरीब है, इस वजह से वो दहेज में लाख रुपए बेटी के ससुराल नहीं पहुंचा पाए। इस वजह से उसके ससुरालवालों ने गला दबाकर हत्या कर दी। बहन के बेटे को भी पांडव के परिवार वाले पाल रहे थे। 3-4 महीने पर आता था गांव पांडव कुमार की दादी परमिला देवी ने बताया, दो-चार महीने पर वो घर आता-जाता रहता था। दिल्ली में किराए के मकान में पूरा परिवार रहता था। परिवार की आर्थिक स्थिति बेहद कमजोर है। उनके पास न जमीन है और न कोई स्थायी आय का साधन। घर का खर्च किसी तरह पांडव की कमाई से चलता था। दादी ने रोते हुए कहा कि उनके पोते को ‘बिहारी’ कहकर गोली मार दी गई। उन्होंने सरकार से न्याय की मांग करते हुए कहा, दोषी पुलिसकर्मी पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। बिहार में रोजगार नहीं इस वजह से जा रहे दिल्ली-पंजाब पड़ोस की रहने वाली सावित्री देवी ने कहा, बिहार में रोजगार की कमी के कारण यहां के लोग दिल्ली, पंजाब और दूसरे राज्यों में कमाने जाने को मजबूर हैं। अगर बिहार में ही काम-धंधा मिलता, तो किसी को अपना घर-परिवार छोड़कर बाहर नहीं जाना पड़ता। उन्होंने दुख जताते हुए कहा, आज पांडव को मार दिया गया, कल किसी और गरीब के बेटे के साथ भी ऐसा हो सकता है। ऐसे माहौल में आम लोग कैसे सुरक्षित महसूस करेंगे। उन्होंने कहा, चुनाव के समय नेता-मुख्यमंत्री हमारे पास हाथ जोड़कर वोट मांगने आते हैं, लेकिन जब किसी गरीब परिवार पर दुख टूटता है तो उनकी सुनने वाला कोई नहीं होता। गरीब आदमी की आवाज कोई नहीं सुनता। जिस परिवार का बेटा चला गया, वही उसके दर्द को समझ सकता है। दिल्ली की घटना पर बिहार में सियासत दिल्ली की इस घटना पर अब बिहार में सियासत शुरू हो गई है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मजदूर की मौत पर शोक जताते हुए इसे दुखद बताया है। उन्होंने मृतक के परिजनों को आठ लाख रुपए मुआवजा देने का ऐलान किया। वहीमामले में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव, पप्पू यादव और खेसारी लाल यादव ने सरकार को घेरा है। पांडव कुमार की हत्या पर जीतन राम मांझी ने कहा- 'इसमें कौन बड़ी बात है भाई। मार दिया तो मार दिया।' मांझी के इस बयान पर तेजस्वी ने प्रतक्रिया दी। उन्होंने कहा- पांडव कुमार की सिर्फ इसलिए गोली मारकर हत्या कर दी गई क्योंकि वह बिहारी था। देश की राजधानी दिल्ली में जिस जगह बिहारी जानकर गोली मारी गई है, वहां निगम पार्षद, विधायक, सांसद भाजपा के हैं। ‘यही नहीं, सीएम भी भाजपा के हैं, बिहार सीएम भी भाजपा के हैं और आधा दर्जन निष्क्रिय बड़बोले केंद्रीय मंत्री बिहार के, उपराज्यपाल भाजपा के, गृह मंत्री और प्रधानमंत्री भी भाजपा के हैं। भाजपा बिहारियों के लिए काल बन चुकी है।’ चिराग पासवान ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर पोस्ट किया- “नई दिल्ली में खगड़िया निवासी 23 वर्षीय युवक पांडव कुमार की दिल्ली पुलिस द्वारा गोली मारकर हत्या की घटना अत्यंत निंदनीय और चिंताजनक है। यह घटना कानून-व्यवस्था और मानवाधिकारों पर गंभीर सवाल खड़े करती है। किसी भी स्थिति में न्यायिक प्रक्रिया से परे इस प्रकार की कार्रवाई स्वीकार्य नहीं हो सकती।” वहीं खेसारी ने कहा-
पीएम उषा अभियान के तहत बिहार को 600 करोड़ रुपए देगी मोदी सरकार, नीतीश कैबिनेट ने खोला बंद रास्ता
बिहार में पीएम उषा अभियान को लागू करने के प्रस्ताव को नीतीश कुमार सरकार की मंजूरी के बाद राज्य में उच्च शिक्षा के विकास के लिए केंद्र से अगले दो साल में 600 करोड़ रुपए मिलने का रास्ता खुल गया है।
बिहार के प्रिंस कुमार सिंह ने यूपीएससी आईएफएस परीक्षा में 15वीं रैंक प्राप्त की है। इसके अलावा उन्होंने और भी कई बड़े एग्जाम को पास किया हुआ है। जानिए जानते प्रिंस कुमार की कहानी जिन्होंने अपने आर्थिक
बॉलीवुड के मशहूर स्टार कपल सोनाक्षी सिन्हा और जहीर इकबाल 7 वर्ष की डेटिंग के बाद अब पति-पत्नी बन चुके हैं। दोनों की शादी इस वक़्त टॉक ऑफ द टाउन है। सोनाक्षी और जहीर अलग धर्म से हैं। ऐसे में ना उन्होंने निकाह किया तथा ना ही फेरे लिए, बल्कि सादगी से रजिस्टर मैरिज की एवं फिर रिसेप्शन पार्टी रखी। अलग धर्म में शादी करने पर सोनाक्षी एवं जहीर को जमकर ट्रोल किया जा रहा है। ट्रोलिंग के कारण दोनों को अपने वेडिंग पोस्ट का कमेंट सेक्शन तक बंद करना पड़ा। मगर बात तब हद से ज्यादा तब बढ़ गई, जब इंटरफेथ मैरिज करने पर सोनाक्षी एवं जहीर के खिलाफ बिहार के गांव में प्रोटेस्ट मार्च निकाले गए। रिपोर्ट के अनुसार, सोनाक्षी के खिलाफ यह विरोध प्रदर्शन 'हिंदू शिव भवानी सेना' नाम की एक संगठन द्वारा आयोजित किया गया था। जहीर संग शादी पर बेटी सोनाक्षी की हो रही ट्रोलिंग पर अब शत्रुघ्न सिन्हा ने चुप्पी तोड़ी है तथा हेटर्स को जवाब दिया है। अपने एक इंटरव्यू के चलते शत्रुघ्न सिन्हा ने कहा- आनंद बक्शी साहब ने इस तरह के प्रोफेशनल प्रोटेस्टर्स के बारे में लिखा है- कुछ तो लोग कहेंगे, लोगों का काम है कहना। इसमें आगे जोड़ना चाहूंगा कि कहने वाले अगर बेकार, बेकाम-काज के हों तो बोलना ही उनका काम बन जाता है। मेरी बेटी ने कुछ भी ऐसा नहीं किया जो गैरकानूनी एवं संविधान के खिलाफ है। सोनाक्षी-जहीर की शादी पर शत्रुघ्न सिन्हा ने आगे कहा- शादी दो लोगों के बीच का एक बहुत ही व्यक्तिगत फैसला है। इसमें किसी को भी बीच में दखल देने या कमेंट करने का हक नहीं होता। विरोध प्रदर्शन करने वालों को मैं यही बोलना चाहता हूं- अपनी जिंदगी पर ध्यान दो। जिंदगी में कुछ अच्छा करो। इससे ज्यादा और कुछ नहीं कहना। बता दें कि शत्रुघ्न सिन्हा ने खुशी-खुशी अपनी इकलौती बेटी की शादी की है। उन्होंने दामाद जहीर को भी अपना आशीर्वाद दिया है। रिलीज हुआ श्रद्धा कपूर-राजकुमार राव की स्त्री 2 का टीजर, इस अवतार में नजर आए स्टार्स किशोर कुमार के गानों पर बैन, मनोज कुमार-देव आनंद की फिल्मों पर रोक..! बॉलीवुड पर भी पड़ा था 'इमरजेंसी' का बुरा असर सामने आई कंगना रनौत की इमरजेंसी की रिलीज डेट, जानिए किस दिन आ रही है इंदिरा गांधी की बायोपिक?
फिल्म रैप में जानिए कि रविवार को एंटरटेनमेंट की दुनिया में क्या खास हुआ. 9 जून 2024 का दिन एतिहासिक रहा. पीएम नरेंद्र मोदी ने तीसरी बार पीएम बनने की शपथ ली. इस दौरान शाहरुख खान से लेकर अक्षय कुमार भी मौजूद रहे.
परेशान होकर छोड़ी इंडस्ट्री, सालों बाद किया कमबैक, बिहार की लड़की कैसे बनी हीरोइन?
टेलीविजन के पॉपुलर शो उडारियां 15 साल का लीप लेने जा रहा है. लीप के बाद शो एक नई कहानी और स्टारकास्ट के साथ दर्शकों को एंटरटेन करने आ रहा है. लीप से पहले उडारियां में आशमा का रोल निभाने वाली अदिति भगत ने आजतक संग बातचीत की और शो को लेकर कई सारी बातें शेयर कीं.
बीएसईबी बिहार बोर्ड से संबद्ध और एनसीटीई से मान्यता प्राप्त डीएलएड संस्थानों की सूची जारी
Bihar D.El.Ed: बिहार बोर्ड ने डीएलएड प्रवेश परीक्षा 2024 की आंसर की जारी करने के एक दिन बाद अब राज्य में मौजूद सरकारी व निजी डीएलएड प्रशिक्षण संस्थानों की सूची भी जारी कर दी है। डीएलएड में दाखिला लेने
Bihar DElEd Answer Key 2024: आंसर की जारी, ऐसे दर्ज करें ऑब्जेक्शन, देखें डायरेक्ट लिंक
बिहार स्कूल एग्जामिनेशन बोर्ड (BSEB) ने बिहार डिप्लोमा इन एलीमेंट्री एजुकेशन (DElEd) परीक्षा 2024 की आंसर की जारी की। जो उम्मीदवार परीक्षा में उपस्थित हुए हैं, वे आधिकारिक वेबसाइट- biharboardonline.b
Bihar STET: बिहार विद्यालय परीक्षा समिति ने शनिवार को माध्यमिक शिक्षक पात्रता परीक्षा (एसटीईटी)-2024 (प्रथम) परीक्षा कार्यक्रम जारी कर दिया है। पेपर-1 के विभिन्न विषयों की परीक्षा 18 से 29 मई तक होगी।
CSBC Bihar Police Constable Exam: क्या जारी हो चुकी हैं रिवाइज्ड तारीखें, पढ़ें अपडेट
CSBC Bihar Police Constable exam dates: बिहार पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा की नई तारीखों का इंतजार है। परीक्षाएं 1, 7 और 15 अक्टूबर को निर्धारित की गई थीं, जिन्हें रद्द व स्थगित कर दिया गया था। आइए
बॉलीवुड अभिनेत्री नेहा शर्मा की हाल ही में बिहार में एक रोड शो में भागीदारी ने इंटरनेट पर तूफान ला दिया है। क्रुक और तुम बिन 2 जैसी फिल्मों में अपनी भूमिकाओं के लिए मशहूर सुश्री शर्मा को अपने पिता अजीत शर्मा का समर्थन करते देखा गया, जो कांग्रेस के टिकट पर भागलपुर लोकसभा सीट से चुनाव लड़ रहे हैं। यह रोड शो उन अफवाहों के बीच हुआ कि अभिनेता राजनीति में प्रवेश कर सकते हैं। हालाँकि, अब यह स्पष्ट हो गया है कि वह सिर्फ अपने पिता के लिए प्रचार कर रही थीं। नेहा शर्मा ने इंस्टाग्राम पर बांका, किशनगंज, कटिहार और पूर्णिया सहित बिहार के विभिन्न जिलों की अपनी यात्रा दिखाते हुए एक वीडियो साझा किया। वह पारंपरिक सलवार कमीज पहने हुए थीं और जनता का अभिवादन करती और उन्हें वोट डालने के लिए प्रोत्साहित करती नजर आईं। इसे भी पढ़ें: AR Rahman ने नए एल्बम के रिलीज पर Taylor Swift को बधाई दी, नेटिजन ने कहा 'महान कला, महान कला को पहचानती है' View this post on Instagram A post shared by Neha Sharma (@nehasharmaofficial) इसे भी पढ़ें: Tamannaah Bhatia Summoned by cyber cell | 'अवैध' IPL Streaming ऐप मामले में तमन्ना भाटिया को साइबर सेल ने तलब किया रोड शो के दौरान पीरपैंती और कहलगांव में भारी भीड़ ने अभिनेता का गर्मजोशी से स्वागत किया। उन्होंने कैप्शन में लिखा “वे कहते हैं कि जब कोई आपको अपने दिल में जगह देता है, तो आप हमेशा के लिए वहीं रहते हैं। आपने मुझे जो प्यार और समर्थन दिया है, उससे मेरा दिल भर गया है। पीरपैंती और कहलगांव में गर्मजोशी से स्वागत के लिए धन्यवाद। आपका प्यार सारी आँखों पर। सदा आभारी। ऑनलाइन प्रसारित हो रहे एक अन्य वीडियो में अभिनेत्री को भागलपुर में अपने पिता के चुनाव अभियान में सक्रिय रूप से भाग लेते हुए दिखाया गया है। भागलपुर लोकसभा सीट पर दूसरे चरण में 26 अप्रैल को चुनाव होना है। इस सीट पर कांग्रेस का प्रतिनिधित्व करने वाले अजीत शर्मा का मुकाबला जेडीयू के अजय कुमार मंडल से है। पहले ऐसी अफवाह थी कि सुश्री शर्मा राजनीति में प्रवेश कर सकती हैं। हालाँकि, कई रिपोर्टों ने स्पष्ट किया है कि वह अभी चुनावी शुरुआत नहीं कर रही हैं। रिपोर्टों के अनुसार, उनके पिता अजीत शर्मा ने उन्हें राजनीति में शामिल होने का अवसर दिया, शर्मा वर्तमान में अपने अभिनय करियर पर ध्यान केंद्रित कर रही हैं। Bihar, Bhagalpur: Bollywood actress Neha Sharma campaigns for Congress leader and father Ajeet Sharma in the Lok Sabha elections, participates in a roadshow. pic.twitter.com/yEhb4XoQQL — IANS (@ians_india) April 23, 2024 View this post on Instagram A post shared by Neha Sharma (@nehasharmaofficial) View this post on Instagram A post shared by Neha Sharma (@nehasharmaofficial)
सलमान के घर फायरिंग से पहले शूटर्स ने बिहार में की हथियारों की प्रैक्टिस, फार्म हाउस की हुई थी रेकी
14 अप्रैल को, सुबह 4.50 बजे सलमान के बांद्रा स्थित गैलेक्सी अपार्टमेंट के बाहर, अज्ञात हमलावरों ने पांच राउंड फायरिंग की थी. पुलिस ने सलमान के घर पर फायरिंग करने के मामले में विक्की गुप्ता (24 साल) और सागर पाल (21 साल) नाम के दो लड़कों को गिरफ्तार किया था. अब इससे जुड़ा एक बड़ा अपडेट सामने आया है.
Manisha और Elvish के बीच लगी दुश्मनी की आग हुई और तेज, बिहार की बेटी नेसरेआम बना दिया'राव साहब' का मजाक ?
Bihar Board: जानें-10वीं की मार्कशीट में लिखी U/R,B और C जैसी शॉर्ट फॉर्म का क्या मतलब है?
बिहार बोर्ड कक्षा 10वीं का रिजल्ट 31 मार्च को जारी कर दिया गया था। छात्र अपनी ओरिजनल मार्कशीट स्कूल से ले सकते हैं। आइए जानते हैं मार्कशीट में लिखी शॉर्ट फॉर्म की फुलफॉर्म क्या है।
Bihar 10th Board 2024: टॉप 5 में इन 10 छात्रों ने बनाई जगह, जानें नाम और मार्क्स
बिहार स्कूल एग्जामिनेशन बोर्ड ने दसवी का रिजल्ट bsebmatric.org और results.biharboardonline.com पर जारी कर दिया है। इस साल टॉप 10 की लिस्ट ने 51 छात्रों ने अपनी जगह बनाई है। टॉप 5 की लिस्ट में 10 छ
Bihar Board BSEB 2024 Matrci Result Today:बिहार बोर्ड 10वीं का रिजल्ट biharboardonline.bihar.gov.in व biharboardonline.com , onlinebseb.in पर जल्दजारी कर दिया जाएगा।
BSEB: क्लास 10वीं के रिजल्ट से पहले जानें ये 10 जरूरी बातें, मार्कशीट मिलने में मिलेगी मदद
बिहार स्कूल एग्जामिनेशन बोर्ड अब कभी भी वेबसाइट biharboardonline.gov.in पर कक्षा 10वीं के रिजल्ट अपलोड कर सकता है। एक बार रिजल्ट जारी होने के बाद छात्र यहां से डाउनलोड कर सकते हैं।
बिहार स्कूल एग्जामिनेशन बोर्ड (बीएसईबी) मैट्रिक यानी कक्षा 10 बोर्ड परीक्षा का रिजल्ट अब कभी भी biharboardonline.bihar.gov.in पर जारी हो सकता है, जो छात्र परीक्षा में शामिल हुए हैं, वे जान लें, रिजल्
बिहार विद्यालय परीक्षा समिति ने इंटर में एडमिशन को लेकर तैयारी शुरू कर दी है। इस बाबत समिति ने सभी सरकारी, गैर सरकारी विद्यालय, इंटर कॉलेजों की सूची ofssbihar.in पर अपलोड कर दी है।
बीएसईबी मैट्रिक रिजल्ट की घोषणा जल्द की जाएगी। हालांकि अभी तक रिजल्ट की टाइमिंग और तारीख के बारे में कोई जानकारी शेयर नहीं की गई है, लेकिन उम्मीद है नतीजे 31 मार्च तक आधिकारिक वेबसाइट biharboardonlin
BSEB Bihar 10th Board: प्रेस कॉन्फ्रेंस में शेयर की जाएंगी ये 5 डिटेल्स, यहां पढ़ें
छात्र आधिकारिक वेबसाइट्स से बीएसईबी 10वीं स्कोरकार्ड 2024 डाउनलोड कर सकेंगे। रिजल्ट वाले दिन प्रेस कॉन्फ्रेंस होगी। जिसमें बिहार बोर्ड कक्षा 10वीं की परीक्षा से जुड़ी कई डिटेल्स शेयर की जाएगी। आइए ज
Bihar 12th Board: किसान की बेटी बनीं कॉमर्स की टॉपर, अब बनना चाहती हैं प्रोफेसर, करेंगी PhD
बिहार बोर्ड 12वीं की कॉमर्स स्ट्रीम में खुशी कुमारी को जिले में सेकंड रैंक मिली है। उनके पिता किसान हैं। उन्होंने कहा, मेरे पिता ने हमेशा शिक्षा को महत्व दिया है, इसलिए भविष्य में मैं शिक्षा के क्षेत
बिहार बोर्ड ने 12वीं यानी इंटर परीक्षा का रिजल्ट अब जारी कर दिया है। टॉपर्स के नाम भी सामने आ गए हैं। आइए जानते हैं साइंस, कॉमर्स, आर्ट्स स्ट्रीम के टॉपर्स ने किन स्कूलों से पढ़ाई की है। यहां देखें न
BSEB : बारहवीं कक्षा के छात्रों को इंजीनियरिंग और मेडिकल की तैयारी के लिए फ्री में कोचिंग देती है। बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) गरीब विद्यार्थियों को JEE और NEET की मुफ्त कोचिंग कराती है।
BSEB Bihar Board: बिहार बोर्ड इंटर छात्र जानें टॉप 10 इंजीनियरिंग और मेडिकल कॉलेज
NIRF यानी राष्ट्रीय संस्थागत रैंकिंग फ्रेमवर्क। इस रैंकिंग को शिक्षा मंत्रालय जारी करता है। एनआईआरएफ रैंकिंग में देश के टॉप इंजीनियरिंग कॉलेज, मेडिकल कॉलेज और यूनिवर्सिटी की रैंकिंग जारी की जाती है।
बीएसईबी 12वीं के परिणाम के साथ टॉपर्स की लिस्ट भी शेयर करेगा। जो छात्र परीक्षा में शामिल हुए हैं, वे जान लें, पिछले 7 सालों में आर्ट्स, कॉमर्स और साइंस स्ट्रीम में किसने किया था टॉप। यहां पढ़ें पूरी
Bihar 12th Board 2024: रिजल्ट जारी होने की तारीख और समय के बारे में यहां मिलेगी जानकारी
बिहार स्कूल एग्जामिनेशन बोर्ड (बीएसईबी) जल्द ही इंटरमीडिएट या कक्षा 12वीं बोर्ड परीक्षा 2024 के परिणाम घोषित करेगा। वहीं बोर्ड परिणाम के समय की घोषणा पहले कर दी जाएगी। आइए जानते हैं, आप कहां कर सकें

