सीमा पार आतंकवाद से निपटने को झारखंड पुलिस तैयार, 5000 जवानों को सीखे अनुसंधान के हाईटेक गुर
झारखंड पुलिस सीमा पार आतंकवाद से निपटने के लिए अपने जवानों और अधिकारियों को तकनीकी अनुसंधान और कार्रवाई के गुर सिखा रही है।
आतंकवाद प्रायोजक देशों में शामिल नहीं सीरिया, अमेरिकी सूची से नाम हटाए जाने का किया स्वागत
आतंकवाद प्रायोजक देशों में शामिल नहीं सीरिया, अमेरिकी सूची से नाम हटाए जाने का किया स्वागत
राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (एनएसजी) ने सोमवार को कहा कि उसने राज्य पुलिस बलों और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) की महिला कर्मियों के लिए पहली बार ‘कमांडो कन्वर्जन कोर्स’ शुरू किया है। एनएसजी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘बारह सप्ताह का यह गहन प्रशिक्षण पाठ्यक्रम कठोर शारीरिक प्रशिक्षण, हथियारों के इस्तेमाल और निशानेबाजी, सामरिक हस्तक्षेप, बंधक बचाव और आतंकवाद-रोधी अभियानों के अन्य विशेष पहलुओं में प्रशिक्षण के जरिए शारीरिक रूप से मजबूत, तकनीकी रूप से दक्ष और अभियान के लिए तैयार महिला कमांडो तैयार करने के लिए बनाया गया है।’’ पहला महिला ‘कमांडो कन्वर्जन कोर्स’ हरियाणा के मानेसर स्थित एनएसजी के प्रशिक्षण केंद्र में शुरू हुआ। यह प्रशिक्षण 14 नवंबर को पूरा होगा। इसे भी पढ़ें: Rahul Gandhi ने Devendra Fadnavis को लिखा पत्र, आदिवासी छात्रों की मांग उठाई प्रशिक्षण के मुख्य पहलू इस कोर्स का मुख्य उद्देश्य शारीरिक रूप से मजबूत, तकनीकी रूप से दक्ष और हर प्रकार के ऑपरेशन्स के लिए तैयार महिला कमांडो तैयार करना है। प्रशिक्षण के दौरान इन क्षेत्रों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा: कठोर शारीरिक प्रशिक्षण: सहनशक्ति और शारीरिक क्षमता बढ़ाने के लिए अत्याधुनिक ट्रेनिंग। हथियारों का इस्तेमाल और निशानेबाजी: आधुनिक हथियारों को चलाने और एडवांस शूटिंग स्किल्स का अभ्यास। सामरिक हस्तक्षेप (Tactical Intervention): जटिल परिस्थितियों में रणनीतिक रूप से कार्रवाई करने की कला। बंधक बचाव (Hostage Rescue): आतंकवाद-रोधी अभियानों के दौरान बंधकों को सुरक्षित निकालने की विशेष तकनीक। आतंकवाद-रोधी अभियान: हाई-रिस्क ऑपरेशन्स और काउंटर-टेररिज्म के विभिन्न पहलुओं का प्रशिक्षण। NSG के इस कदम से न केवल सशस्त्र बलों में महिलाओं की भागीदारी को नई ऊंचाई मिलेगी, बल्कि देश की आतंकवाद-रोधी क्षमताएं भी अधिक मजबूत होंगी। इसे भी पढ़ें: Jyotiraditya Scindia ने पेश किया Dak Seva App, घर बैठे मिलेंगी डाक विभाग की सुविधाएं कमांडो कोर्स क्या है? कमांडो कोर्स एक बेहद कठिन और विशिष्ट सैन्याभ्यास प्रशिक्षण है, जिसका मुख्य उद्देश्य सामान्य सैनिकों या पुलिसकर्मियों को अत्यधिक विषम परिस्थितियों और हाई-रिस्क ऑपरेशन्स के लिए मानसिक व शारीरिक रूप से सक्षम योद्धा बनाना होता है। इस कोर्स के तहत जवानों को 20 से 30 किलोग्राम वजन के साथ दर्जनों किलोमीटर दौड़ने, बाधाओं (obstacles) को पार करने, और बिना हथियार के आमने-सामने की लड़ाई (unarmed combat) का कठोर अभ्यास कराया जाता है। इसके अलावा, प्रशिक्षणार्थियों को आधुनिक हथियारों से सटीक निशानेबाजी (marksmanship), आतंकवाद-रोधी अभियानों (counter-terrorism), बंधक बचाव तकनीक (hostage rescue), और सीमित संसाधनों में जंगल या दुर्गम इलाकों में जीवित रहने (survival skills) की विशेष कला सिखाई जाती है। भारत में NSG, घातक, मार्कोस (MARCOS) और कोबरा जैसी विशेष इकाइयों के लिए यह कोर्स 12 से 14 सप्ताह तक चलता है, जो जवानों में अदम्य साहस, त्वरित निर्णय क्षमता और देश की सुरक्षा के लिए हर समय तत्पर रहने का जज्बा पैदा करता है।
Amit Shah ने सुरक्षा एजेंसियों को दिए निर्देश, घुसपैठ और आतंकवाद के खिलाफ करें AI का इस्तेमाल
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सुरक्षा एजेंसियों को घुसपैठ से सख्ती से निपटने का निर्देश देते हुए विभिन्न राष्ट्रीय सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए खुफिया आंकड़ों के कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) आधारित विश्लेषण का सोमवार को आह्वान किया। एक आधिकारिक बयान के अनुसार, दो दिवसीय नौवें राष्ट्रीय सुरक्षा रणनीति (एनएसएस) सम्मेलन-2026 का उद्घाटन करते हुए शाह ने गृह मंत्रालय द्वारा तैयार की गई ‘प्रहार’ योजना के तहत आतंकवाद-रोधी नीति को लागू करने के लिए प्रशिक्षण पर भी जोर दिया। बयान के अनुसार, गृह मंत्री ने एजेंसियों से भगोड़ों को वापस लाकर, अनुपस्थिति में मुकदमे के प्रावधानों का इस्तेमाल कर और गैरकानूनी गतिविधियां रोकथाम अधिनियम (यूएपीए) के तहत आतंकवाद रोधी मामलों की जांच में व्यापक एवं एकीकृत दृष्टिकोण अपनाकर मुकदमों में तेजी लाने को कहा। बयान में कहा गया, ‘‘गृह मंत्री ने निर्देश दिया कि विभिन्न राष्ट्रीय सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए मानक संचालन प्रक्रियाएं (एसओपी) तैयार करने के संबंध में एमएसी (मल्टी एजेंसी सेंटर) के प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध सूचनाओं का एआई आधारित विश्लेषण किया जाए। केंद्रीय गृह मंत्री ने सभी एजेंसियों को घुसपैठ के खिलाफ सख्त कदम उठाने का निर्देश दिया।
अमेरिका ने 47 साल बाद सीरिया को स्टेट स्पॉन्सर ऑफ टेररिज्म सूची से हटा दिया है. विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा कि यह कदम देश में निजी निवेश, आर्थिक पुनर्बहाली और वैश्विक अर्थव्यवस्था में पुनः एकीकरण को बढ़ावा देगा.
आतंकवाद और कट्टरपंथ पर अंतिम 'प्रहार' की तैयारी, शाह ने सुरक्षा एजेंसियों को दिए सख्त निर्देश
गृह मंत्री अमित शाह ने राष्ट्रीय सुरक्षा रणनीति सम्मेलन में आतंकवाद और कट्टरपंथ के खिलाफ अंतिम प्रहार पर जोर दिया। उन्होंने 'प्रहार' योजना के तहत प्रशिक्षण, भगोड़ों के ट्रायल में तेजी और अवैध प्रवासियों पर जीरो टॉलरेंस अपनाने का निर्देश दिया।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह दो दिवसीय राष्ट्रीय सुरक्षा रणनीति सम्मेलन का नेतृत्व कर रहे हैं, जिसमें 850 से अधिक सुरक्षा अधिकारी आतंकवाद, घुसपैठ और साइबर अपराध जैसी गंभीर चुनौतियों पर चर्चा करेंगे।
बांग्लादेश और पाकिस्तान पर एस. जयशंकर का बड़ा बयान, कहा- बातचीत और आतंकवाद साथ-साथ नहीं चल सकते|
विदेश मंत्री जयशंकर ने बांग्लादेश और पाकिस्तान के साथ कूटनीतिक संबंधों पर स्पष्ट रुख रखते हुए आपसी फायदे और आतंकवाद पर कड़े संदेश दिए हैं।
आतंकवाद का लगातार इस्तेमाल, पड़ोसियों पर हमले की नीयत; पाकिस्तान पर जयशंकर का हमला
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने पाकिस्तान को दुनिया का अनोखा देश बताते हुए हमला बोला। उन्होंने कहाकि कोई दूसरा देश ऐसा नहीं है, जो अपने पड़ोसी पर हमला करने और दबाव बनाने के लिए लगातार और इतने सुनियोजित रूप से आतंकवाद का इस्तेमाल करता हो।
जम्मू-कश्मीर: आतंकवाद से जुड़े मामले में एनआईए ने अनंतनाग में दो ठिकानों पर मारा छापा
राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने शनिवार को जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग जिले में आतंकवाद से जुड़े मामले में चल रही जांच के सिलसिले में दो जगहों पर छापेमारी की।

