अंतरराष्ट्रीय स्तर की उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने की दिशा में ग्रेटर नोएडा को एक और बड़ी उपलब्धि मिलने जा रही है
UP बनेगा AI और डेटा सेंटर हब: नोएडा से वाराणसी तक बनेंगे 8 डेटा सेंटर पार्क, 2 लाख करोड़ निवेश
उत्तरप्रदेश की योगी सरकार प्रदेश को देश का प्रमुख डिजिटल और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) हब बनाने की दिशा में तेजी से कदम बढ़ा रही है। इसी रणनीति के अंतर्गत प्रदेश में 8 डेटा सेंटर पार्क विकसित किए जाने की योजना तैयार की गई है। इन परियोजनाओं के ...
नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ स्टडी एंड रिसर्च इन लॉ (NUSRL) में आयोजित दो महत्वपूर्ण शैक्षणिक कार्यक्रमों का सफलतापूर्वक समापन हो गया। तीन दिनों तक चले 2nd Surana Surana – NUSRL National Criminal Law Moot Court Competition में सिम्बायोसिस लॉ स्कूल, नोएडा की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए खिताब अपने नाम किया, जबकि नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी, जोधपुर की टीम उपविजेता रही। इसके साथ ही युवा अधिवक्ताओं के लिए आयोजित Continuous Legal Education (CLE) Programme भी संपन्न हुआ। इन दोनों कार्यक्रमों की शुरुआत 13 मार्च 2026 को हुई थी, जिसमें देशभर के विधि महाविद्यालयों के छात्र, युवा अधिवक्ता और विधि विशेषज्ञों ने सक्रिय भागीदारी की। आयोजन विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. (डॉ.) अशोक आर. पाटिल के मार्गदर्शन में किया गया। विधि क्षेत्र में एआई की भूमिका पर चर्चा राष्ट्रीय आपराधिक विधि मूट कोर्ट प्रतियोगिता के दौरान लॉ स्कूलों में मूट कोर्ट की भूमिका और उसके भविष्य पर विस्तार से चर्चा की गई। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रीतम सुराना ने विधि क्षेत्र में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) की बढ़ती भूमिका पर प्रकाश डाला और भावी वकीलों को तकनीकी परिवर्तनों के अनुरूप खुद को तैयार करने की सलाह दी। मुख्य अतिथि न्यायमूर्ति अंबुज नाथ (सेवानिवृत्त), पूर्व न्यायाधीश, झारखंड उच्च न्यायालय, ने अपने संबोधन में सफल विधिक करियर के लिए ईमानदारी, समर्पण और निरंतर सीखने के महत्व पर बल दिया। कड़ी प्रतिस्पर्धा के बाद सिम्बायोसिस लॉ स्कूल, नोएडा की टीम विजेता और नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी, जोधपुर की टीम उपविजेता बनी। युवा अधिवक्ताओं को मिला व्यावहारिक प्रशिक्षण इसके साथ ही NUSRL में युवा अधिवक्ताओं के लिए तीन दिवसीय Continuous Legal Education (CLE) Programme भी आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में व्यावसायिक नैतिकता, न्यायालयीन प्रक्रिया, कानूनी अनुसंधान, वकालत कौशल और विधि क्षेत्र में उभरती तकनीकी चुनौतियों जैसे विषयों पर विशेषज्ञों ने सत्र लिए। असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. संचित्ता तिवारी, डॉ. शुभम श्रीवास्तव, डॉ. मृतुंजय मयंक और डॉ. कौशिक बागची ने पेशेवर नैतिकता, कोर्टरूम प्रोसीजर, एडवोकेसी स्किल्स और मौखिक दलीलों की कला पर विस्तार से चर्चा की। अधिवक्ता सोनल तिवारी ने ‘एक्सेस टू जस्टिस, लीगल एड और जनहित याचिका’ विषय पर सत्र लिया, जबकि डी.सी. मंडल ने कोर्ट फाइलिंग प्रक्रिया और जिला न्यायालय की कार्यप्रणाली पर व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया। समापन सत्र में झारखंड हाईकोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता इंद्रजीत सिन्हा ने केस तैयारी, कानूनी ड्राफ्टिंग और मुवक्किल से प्रभावी संवाद पर मार्गदर्शन दिया। कुलपति प्रो. (डॉ.) अशोक आर. पाटिल ने कहा कि विश्वविद्यालय विधि शिक्षा के साथ व्यावहारिक प्रशिक्षण और कौशल विकास के अवसर उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयासरत है।
MNC में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी:ग्रेटर नोएडा में 3 गिरफ्तार, लाखों की धोखाधड़ी का खुलासा
ग्रेटर नोएडा की थाना बिसरख पुलिस ने MNC कंपनियों में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने इस मामले में 03 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनके कब्जे से 01 सीपीयू, 01 मॉनिटर, 01 की-बोर्ड, 01 माउस, विभिन्न कंपनियों के 06 कूटरचित जॉब ऑफर लेटर, 03 मोबाइल फोन और 7600 रुपये नकद बरामद किए गए हैं। शुक्रवार को गोपनीय सूचना के आधार पर विकास डाबर, अरुण कुमार और वैभव कुमार को इटेड़ा गोल चक्कर के पास सर्विस रोड, थाना क्षेत्र बिसरख से गिरफ्तार किया गया। डीसीपी शक्ति अवस्थी ने बताया कि विकास मूल रूप से हिसार,हरियाणा का रहने वाला है। वह विदेशी कंपनी यू.एस. हेल्थ केयर में क्लेम सेटल का कार्य करता है। उसके साथी वैभव कुमार और अरुण कुमार भी पूर्व में MNC कंपनियों में नौकरी कर चुके हैं। ये आरोपी MYWORKDAYJOBS.COM पर अपनी प्रोफाइल बनाकर नौकरी तलाश रहे लोगों का डाटा प्राप्त करते थे। इसके बाद वे उनसे संपर्क करके नामी कंपनियों (MNC) में नौकरी दिलाने का प्रलोभन देते थे। कुल सालाना पैकेज के अनुरूप अपना हिस्सा (प्रतिशत) तय करके टोकन मनी के रूप में आंशिक रकम अपने खातों में ट्रांसफर करा लेते थे।आरोपी MAILHOSTINGR.COM और GOOGLE ACCOUNT प्लेटफॉर्म पर नामी MNC कंपनियों के समान ई-मेल आईडी बनाते थे। अपने कंप्यूटर से संबंधित कंपनी का ऑफर लेटर हेड (लोगो) सहित तैयार कर उसमें जॉइनिंग डेट अंकित करते थे और मेल के माध्यम से अभ्यर्थी को भेजते थे। इससे अभ्यर्थियों को यकीन हो जाता था और वे विश्वास करके बाकी तय रकम ऑनलाइन अभियुक्तों के बताए गए खातों में ट्रांसफर कर देते थे। जब अभ्यर्थी या आवेदक संबंधित कंपनी पर जाकर अपनी नौकरी के संबंध में जानकारी करते थे, तो उन्हें किन्हीं तकनीकी कारणों या दस्तावेजों की त्रुटि का हवाला देकर गुमराह किया जाता था। उन्हें अग्रिम तिथि या किसी अन्य कंपनी का ऑफर लेटर पुनः मेल के माध्यम से भेजा जाता था। अभियुक्त लोगों से एडवांस में 40,000 से 60,000 रुपये तक टोकन मनी लेते थे। ये अब तक लाखों रुपये की ठगी कर चुके हैं। अभियुक्तों के खातों की जानकारी कर अन्य लेन-देन की जांच की जा रही है।
आमका-बिसरख में चला बुल्डोजर:ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने 30 करोड़ की जमीन कराई कब्जामुक्त
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने शुक्रवार को आमका और बिसरख के डूब क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई की। प्राधिकरण ने अवैध अतिक्रमण हटाते हुए लगभग 30 करोड़ रुपये मूल्य की 15 हजार वर्ग मीटर जमीन को कब्जामुक्त कराया। इस दौरान बिसरख में तीन निर्माणाधीन मकानों को भी ढहाया गया। यह कार्रवाई ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ एनजी रवि कुमार के निर्देश पर की गई। ग्राम आमका के खसरा संख्या 295, 296, 297, 298 और 299 की जमीन पर कॉलोनाइजर अवैध प्लॉटिंग कर कब्जा करने का प्रयास कर रहे थे। प्राधिकरण के परियोजना विभाग के वरिष्ठ प्रबंधक नरोत्तम चौधरी के नेतृत्व में प्रबंधक रोहित गुप्ता और वर्क सर्किल दो की टीम ने मौके पर पहुंचकर अवैध निर्माण ध्वस्त किए। इसी दिन, वर्क सर्किल तीन के प्रभारी प्रभात शंकर और मैनेजर प्रशांत समाधिया की टीम ने बिसरख के डूब क्षेत्र में बने तीन निर्माणाधीन मकानों को भी ढहा दिया। दोनों ही कार्रवाइयों के दौरान प्राधिकरण के सुरक्षाकर्मी मौजूद रहे। यह कार्रवाई दोपहर दो बजे से दो घंटे तक चली। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के एसीईओ सुमित यादव ने स्पष्ट किया है कि अधिसूचित क्षेत्र में किसी भी अवैध निर्माण की अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्होंने जनता से अपील की है कि वे जमीन खरीदने से पहले प्राधिकरण से संपर्क कर पूरी जानकारी प्राप्त करें और अपनी गाढ़ी कमाई को अवैध कॉलोनियों में न फंसाएं। दरअसल, सीईओ एनजी रवि कुमार ने अधिसूचित क्षेत्र में अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। प्राधिकरण की टीम अवैध कब्जों के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है।
कांशीराम का जन्मदिन 15 मार्च को नोएडा में:बसपा ने मंडल स्तरीय बैठक में बनाई रणनीति
बसपा संस्थापक कांशीराम का जन्मदिन 15 मार्च को नोएडा के दलित प्रेरणा स्थल पर बड़े स्तर पर मनाया जाएगा। यह आयोजन बसपा की राष्ट्रीय अध्यक्ष कुमारी मायावती के निर्देश पर हो रहा है। इस कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए मेरठ स्थित बहुजन समाज पार्टी कार्यालय में एक मंडल स्तरीय बैठक आयोजित की गई। पश्चिम उत्तर प्रदेश के प्रभारी और राष्ट्रीय महासचिव मुनकाद अली ने मुख्य अतिथि के रूप में इस बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में मुनकाद अली ने पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को निर्देश दिए कि पश्चिम उत्तर प्रदेश के सभी जिलों और विधानसभा क्षेत्रों से बड़ी संख्या में कार्यकर्ता वाहनों से नोएडा पहुंचें। उन्होंने कार्यक्रम को भव्य बनाने के लिए हर विधानसभा स्तर पर व्यापक प्रचार-प्रसार करने, होर्डिंग, पोस्टर और जनसभाओं के माध्यम से अधिक से अधिक लोगों को शामिल होने के लिए प्रेरित करने पर जोर दिया। मुनकाद अली ने विधानसभावार तैयारियों की समीक्षा की और आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि मान्यवर कांशीराम का जन्मदिन बसपा के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है, जिस दिन कार्यकर्ता उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लेते हैं। बैठक में मंडल प्रभारी विजय सिंह, सतपाल पीपला, दिनेश काजीपुर, मेघनाथ जाटव, पूर्व मंडल प्रभारी शाहजहां सैफी, एडवोकेट कमल सिंह राज, मेरठ जिलाध्यक्ष मोहित जाटव, हापुड़ जिलाध्यक्ष डॉ. ए.के. कर्दम, लखमी सिंह, मनोज जाटव, कमल राजन, पुष्पेंद्र, महावीर प्रधान, अविनाश, डॉ. सुभाष और हाजी फिरोज सहित विभिन्न जिलों के जिलाध्यक्ष, विधानसभा प्रभारी तथा विधानसभा अध्यक्ष उपस्थित रहे। पार्टी नेताओं ने बताया कि 15 मार्च को नोएडा के दलित प्रेरणा स्थल पर बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एकत्र होकर मान्यवर कांशीराम को श्रद्धांजलि देंगे और उनके विचारों को आगे बढ़ाने का संकल्प लेंगे।
कानपुर में 9 राज्यों के 14 यूनिवर्सिटियों की फर्जी डिग्री और मार्कशीट तैयार करने के मामले में SIT को एक बड़ी बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने गिरोह से जुड़े एक बिचौलिए को नोएडा से हिरासत में लिया है। वीके नाम से चर्चित यह बिचौलिया देश की कई यूनिवर्सिटियों के लिए मार्केटिंग का काम करता था और गिरोह के मास्टरमाइंड शैलेंद्र ओझा के संपर्क में रहकर डिग्रियां उपलब्ध कराने का काम करता था। पुलिस की पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी यूनिवर्सिटी में दाखिला दिलाने के नाम पर लोगों से लाखों रुपये वसूलता था। इसके बाद गिरोह के सरगना शैलेंद्र ओझा की मदद से फर्जी तरीके से डिग्री और मार्कशीट तैयार कराकर उन्हें थमा देता था। मामले में और भी अहम खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है। 900 से अधिक मार्कशीट और डिग्री मिली थीं 18 फरवरी को किदवई नगर पुलिस ने जूही गौशाला चौराहे के पास स्थित शैल ग्रुप ऑफ एजुकेशन के कार्यालय में छापा मारा था। वहां से पुलिस ने 9 राज्यों के 14 विश्वविद्यालयों और यूपी बोर्ड की 900 से अधिक मार्कशीट और डिग्री बरामद की थीं। इनमें बीटेक, एमटेक, बीफार्मा, डीफार्मा, एलएलबी समेत कई पाठ्यक्रमों की डिग्रियां शामिल थीं। मौके से पुलिस ने चार आरोपियों को भी गिरफ्तार किया था। जांच में सामने आया था कि यह गिरोह वर्ष 2012 से फर्जी डिग्री, माइग्रेशन और अंकपत्र तैयार करने का धंधा चला रहा था। पुलिस जांच में गिरोह का मास्टर माइंड शैलेंद्र कुमार ओझा निकला। उसके साथ नागेश मणि त्रिपाठी, जोगेंद्र और अश्वनी कुमार सिंह को भी गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। जांच के दौरान पुलिस को शैलेंद्र के बैंक खातों में पिछले चार वर्षों में करीब 5 करोड़ रुपये के लेनदेन के साक्ष्य भी मिले हैं। मामले की जांच कर रही SIT ने अब संबंधित यूनिवर्सिटियों से संपर्क कर बरामद डिग्री और मार्कशीट का सत्यापन शुरू कर दिया है। सोमवार को SIT की टीमें सिक्किम, झारखंड और उत्तराखंड समेत अन्य राज्यों के लिए रवाना हुई हैं। टीमें वहां संबंधित विश्वविद्यालयों में दस्तावेजों की जांच के साथ-साथ बाबुओं और पूर्व कर्मचारियों से भी पूछताछ करेंगी। SIT प्रभारी योगेश कुमार के मुताबिक शैलेंद्र के कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) की जांच के दौरान इस बिचौलिये का सुराग मिला था। हिरासत में लिए गए आरोपी ने पूछताछ में बताया कि वह नोएडा, जयपुर और हापुड़ स्थित मोनाड यूनिवर्सिटी में मार्केटिंग का काम कर चुका है। फिलहाल उससे पूछताछ जारी है और मामले में फरार अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं।
सांप के जहर मामले में नवीनतम विकास में, नोएडा पुलिस ने बिग बॉस ओटीटी 2 विजेता और यूट्यूबर एल्विश यादव और सात अन्य के खिलाफ सूरजपुर अदालत में 1,200 पेज का आरोप पत्र दायर किया है। आरोप पत्र में 24 गवाहों के बयान भी दर्ज किये गये। नोएडा पुलिस नोएडा और गुरुग्राम समेत देशभर में दर्ज मामलों की जानकारी जुटा रही है। जयपुर लैब से सांप के जहर की पुष्टि करने वाली रिपोर्ट भी चार्जशीट में शामिल की गई है। सांप के जहर मामले से जुड़े वीडियो, कॉल डिटेल और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों को आधार बनाया गया। आरोप पत्र में एल्विश यादव पर लगाई गई एनडीपीएस एक्ट की धाराओं के संबंध में साक्ष्य लगाए गए हैं। इसे भी पढ़ें: Telugu अभिनेता Jagapathi Babu बोले, सलमान खान के साथ हमेशा काम करना चाहता था, वह बहुत अच्छे हैं पिछले साल नवंबर में एल्विश यादव के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी और इस मामले में 5 सपेरों समेत आठ लोगों को गिरफ्तार किया गया था। हाल ही में एल्विश यादव समेत तीन लोगों को गिरफ्तार भी किया गया था। पिछले साल पीपल फॉर एनिमल्स (पीएफए) संगठन की शिकायत के आधार पर नोएडा पुलिस ने सेक्टर 51 स्थित एक बैंक्वेट हॉल पर छापा मारा था और पांच लोगों को गिरफ्तार किया था. पीएफए ने अपनी एफआईआर में एल्विश का नाम लिया और उन पर रेव पार्टियों का आयोजन करने का आरोप लगाया, जिसमें वे विदेशियों को आमंत्रित करते हैं और जहरीले सांपों की व्यवस्था करते हैं। इसे भी पढ़ें: Manoj Bajpayee ने जाहिर की ख्वाहिश, कहा- असाधारण कहानियों के जरिए दर्शकों से जुड़ना चाहता हूं बता दें कि छापेमारी के दौरान नौ जहरीले सांप बरामद किए गए। पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के तहत सांप की विष ग्रंथियां निकालना दंडनीय अपराध है और दोषी को सात साल की जेल हो सकती है। सिद्धार्थ यादव उर्फ एल्विश यादव गुरुग्राम के एक लोकप्रिय यूट्यूबर हैं। बिग बॉस ओटीटी 2 जीतने के अलावा वह अपने म्यूजिक वीडियो के लिए भी जाने जाते हैं और युवाओं के बीच काफी लोकप्रिय हैं।
यूट्यूबर और बिग बॉस ओटीटी 2 विजेता एल्विश यादव को पांच दिन की गिरफ्तारी के बाद सांप के जहर सप्लाई मामले में जमानत दे दी गई है। गिरफ्तारी के दिन एल्विश को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था। उन्हें वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत हिरासत में ले लिया गया। गुरुवार को उनकी जमानत पर सुनवाई के लिए उन्हें नोएडा की एक स्थानीय अदालत में लाया गया, लेकिन सुनवाई टल गई। इस खबर की पुष्टि करते हुए, बिग बॉस 17 के प्रतियोगी अनुराग डोभाल (द यूके07 राइडर) ने ट्विटर पर लिखा, ऊपर वाला कभी गलत नहीं करेगा जमानत मिल जाएगी। इसे भी पढ़ें: Deepika Padukone और अपने बच्चे के साथ रहने के लिए काम से लंबा ब्रेक लेंगे Ranveer Singh? यहां पढ़े पूरी सच्चाई गुरुवार को नोएडा पुलिस ने एल्विश यादव पर लगा एनडीपीएस (नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस एक्ट, 1985) एक्ट हटा दिया। पुलिस ने कहा कि यह उनकी ओर से गलती थी। उन्होंने कहा, ''हमने गलती से एनडीपीएस एक्ट लगा दिया था, ये एक लिपिकीय गलती थी।'' मालूम हो कि एनडीपीएस एक्ट के तहत जमानत मिलना बहुत मुश्किल है। इसे भी पढ़ें: Fighter OTT Release | ऋतिक रोशन और दीपिका पादुकोण-स्टारर फाइटर इस तारीख को ओटीटी पर होगी रिलीज एल्विश यादव को गुरुग्राम में रेव पार्टियों में सांप के जहर की आपूर्ति करने के आरोप में पुलिस ने न्यायिक हिरासत में रखा था। उसके दोस्त विनय को भी हिरासत में ले लिया गया। अब एल्विश यादव को जमानत मिल गई है. कोर्ट के बाहर उनके प्रशंसक जमा हो गए थे। उन्होंने संकट के इस समय में उनका समर्थन करने वाले सभी लोगों का हाथ हिलाया। जमानत की खबर से एल्विश यादव के प्रशंसक खुशी से झूम उठे एल्विश यादव के प्रशंसक सोशल मीडिया पर इस खबर की सराहना कर रहे हैं। बिग बॉस ओटीटी 2 विजेता का समर्थन करने के लिए कई लोग आगे आए थे। विजेता के समर्थन में ईशा मालवीय और अभिषेक कुमार आगे आये थे। हमें देखना होगा कि पुलिस इस मामले को कैसे आगे बढ़ाती है। मैक्सटर्न उर्फ सागर ठाकुर के साथ मारपीट का मामला अभी भी कायम है। सात दिन के लिए भी नहीं गये जेल। सत्य है सत्य की जीत हुई बधाई हो एल्विश यादव #ElvishArmy #सुस्वागतम्_एल्विश_यादव #ElvishYadav pic.twitter.com/CCX25HrLAn — YesMan (@YesMan786) March 22, 2024 #ElvishYadav_निर्दोष_है #सुस्वागतम्_एल्विश_यादव #ElvishaYadav Got bail : pic.twitter.com/qVgff8xsxC — Narendra Choudhary (@jatnarendra_) March 22, 2024 Bail Granted to #ElvishYadav #ElvishYadav_निर्दोष_है #ElvishArmy #ElvisHistory #Bail #NoidaPolice #ElvishaYadav #ElvishAmry pic.twitter.com/D7HgbrgL3P — ELVISH ARMY XD (@mr_priyanshu77) March 22, 2024
Elvish Yadav केस में नोएडा पुलिस से क्या हो गई गलती?
एल्विश यादव को बुधवार को कोर्ट में पेश किया गया था. नोएडा पुलिस ने कोर्ट को बताया कि गलती से पुलिस ने NDPS एक्ट का गलत सेक्शन जोड़ दिया है. उसे कागजों में ठीक करने की अनुमति दें. पुलिस ने बताया कि उन्हें एल्विश यादव पर NDPS एक्ट का सेक्शन 22 लगाना था लेकिन गलती से सेक्शन 20 लगा दिया गया.

