चंदौली जिले में इंटीग्रेटेड कोर्ट भवन का शिलान्यास होने के बाद अधिवक्ताओं में खुशी का माहौल है। इस अवसर पर भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का 'हर हर महादेव' के नारों के साथ स्वागत किया गया। न्यायिक अधिकारियों ने भी अधिवक्ताओं के संघर्ष के लिए धन्यवाद दिया। अधिवक्ताओं ने इस कोर्ट भवन को चंदौली जनपद के लिए एक बड़ी सौगात बताया। उनका कहना है कि इससे न्यायिक अधिकारियों, अधिवक्ताओं और वादकारियों को काफी सहूलियत मिलेगी। चंदौली जनपद के शासकीय अधिवक्ता शशि शंकर सिंह ने बताया कि इंटीग्रेटेड कोर्ट भवन आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा। उन्होंने कहा कि जनपद के अस्तित्व में आने के बाद से कोर्ट का अपना भवन नहीं था, ऐसे में यह सौगात अत्यंत महत्वपूर्ण है। अधिवक्ता (एडीजीसी) राजेंद्र कुमार पांडेय ने कहा कि अधिवक्ताओं के लंबे संघर्ष का परिणाम सुखद रूप में सामने आया है। उन्होंने पिछली सरकारों पर कोर्ट भवन निर्माण में रुचि न लेने का आरोप लगाया, जबकि वर्तमान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इसके लिए धन आवंटित कर अधिवक्ताओं के हित में बड़ा काम किया है। पांडेय ने इसे सौभाग्य का विषय बताया कि इस छोटे जनपद में भारत के मुख्य न्यायाधीश का आगमन हुआ और उनके द्वारा इंटीग्रेटेड कोर्ट भवन का शिलान्यास किया गया। चंद्रभान सिंह, विनय कुमार सिंह, राकेशरत्न तिवारी और चंदन सिंह सहित अन्य अधिवक्ताओं ने भी कोर्ट भवन के शिलान्यास को लेकर अपनी सकारात्मक राय व्यक्त की है।
उत्तर प्रदेश के फतेहपुर में एक तेज रफ्तार स्कूली बस ने साइकिल सवार कक्षा 8 के छात्र को टक्कर मार दी, जिससे उसकी मौत हो गई। टक्कर के बाद छात्र बस के नीचे फंस गया और लगभग 100 मीटर तक घसीटा गया। सूचना मिलने पर परिजन उसे जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। यह घटना शनिवार सुबह फतेहपुर जिले के हुसैनगंज थाना क्षेत्र में हुई। करगदे मऊ गांव निवासी शिव कुमार का 17 वर्षीय पुत्र विनय कुमार साइकिल से अपने स्कूल जा रहा था। विनय जैसे ही बीसापुर नहर पुल के पास पहुंचा, पीछे से आ रही एक तेज रफ्तार स्कूली बस ने उसकी साइकिल को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर लगने से विनय सड़क पर गिर गया और बस के नीचे फंस गया। बस चालक ने वाहन को नहीं रोका और छात्र को करीब 100 मीटर तक घसीटता रहा, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद चालक बस लेकर फरार हो गया। स्थानीय लोगों की सूचना पर परिजन घटनास्थल पर पहुंचे। उन्हें विनय के जीवित होने की आशंका थी, जिसके चलते वे उसे तुरंत जिला अस्पताल ले गए। हालांकि, डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक के पिता शिव कुमार ने बताया कि विनय कक्षा 8 का छात्र था और सुबह साइकिल से प्रसाद सिंह शिक्षा संस्थान इंटर कॉलेज, तारापुर जा रहा था। उन्होंने दुख व्यक्त करते हुए कहा कि यदि चालक ने बस रोक दी होती, तो शायद उनके बेटे की जान बच सकती थी। हुसैनगंज थाना प्रभारी आलोक कुमार पांडेय ने बताया कि शव का पोस्टमॉर्टम कराया जा रहा है। परिजनों से तहरीर मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
डूंगरपुर जिले में राष्ट्रीय पशुपालक संघ ने मंगला पशु बीमा योजना का लाभ ऊंट पालकों को नहीं मिलने का आरोप लगाया है। संघ ने इस संबंध में जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर योजना का लाभ दिलाने की मांग की है। राष्ट्रीय पशुपालक संघ के उपाध्यक्ष भंवरलाल रबारी ने बताया कि राजस्थान सरकार ने वर्ष 2025-26 में ऊंटों का बीमा प्रस्तावित किया था। हालांकि, डूंगरपुर के पशुपालन विभाग द्वारा अभी तक बीमा नहीं किया गया है, जिससे जिले के ऊंट पालक परेशान हैं। रबारी के अनुसार मुख्य समस्या ऊंटों की भ्रमणशील प्रकृति है। ऊंट पालक अपने भरण-पोषण के लिए एक जिले से दूसरे जिले और यहां तक कि अन्य राज्यों की सीमाओं में भी जाते हैं। विभाग के अधिकारी बीमा करने के लिए पशुपालकों को उनके स्थायी खूंटे पर आने को कहते हैं, जबकि ऊंट एक स्थान पर रहने वाला पशु नहीं है। उन्होंने बताया कि जिले में लगभग 3000 ऊंट पशुधन है, जिन्हें वर्तमान में इस योजना का लाभ नहीं मिल रहा है। रबारी ने यह भी जानकारी दी कि इस समय ऊंटों में बीमारियां फैल रही हैं और कई ऊंटों की मौत भी हो चुकी है। राष्ट्रीय पशुपालक संघ ने जिला कलेक्टर से मांग की है कि जिस जिले की सीमा में ऊंट मौजूद हों, वहीं पर 'टेक' लगाकर उनका बीमा किया जाए ताकि उन्हें जल्द से जल्द योजना का लाभ मिल सके।
बालाघाट जिले में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी में बड़े पैमाने पर अनियमितता का खुलासा हुआ है। मंडला से लाकर बालाघाट के खरीदी केंद्रों पर अवैध रूप से धान खपाने की कोशिश की जा रही थी। इस मामले में दो ट्रकों को जब्त किया गया है और मंडला के कमल किशोर ट्रेडर्स के प्रोपराइटर सहित चार लोगों पर परसवाड़ा थाने में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार, धान से भरे दो ट्रकों के पकड़े जाने के बाद सामने आया। प्रारंभिक जांच में पता चला कि जबलपुर से मंडला के लिए धान परिवहन की अनुमति ली गई थी। इसके बाद मंडला से महाराष्ट्र के गोंदिया के लिए परिवहन की अनुमति दर्शाई गई, लेकिन धान को बालाघाट जिले के परसवाड़ा क्षेत्र के खरीदी केंद्रों में खपाने की योजना थी। एसडीएम ने दो संदिग्ध ट्रक पकड़े परसवाड़ा एसडीएम श्रीश प्यासी ने दिव्या पेट्रोल पंप के पास से दो संदिग्ध ट्रकों (एमपी-09 एचएच-3261 और सीजी-15-डीएच-6573) को पकड़ा। जांच में सामने आया कि भारती ट्रेडर्स जबलपुर और हनु ट्रेडिंग कंपनी जबलपुर से धान कमल किशोर ट्रेडर्स मंडला के नाम पर भेजा गया था। जिले में 32 ट्रकों से अवैध धान खपाने की आशंका जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि जिले में लगभग 32 ट्रकों के जरिए कुल 6163 क्विंटल धान अवैध रूप से खरीदी केंद्रों पर खपाए जाने की संभावना है। ये सभी ट्रक जिले के विभिन्न चेकपोस्ट से गुजरे थे, लेकिन उन पर कोई ध्यान नहीं दिया गया। इससे चेकपोस्ट पर होने वाली जांच पर सवाल खड़े हो गए हैं। ट्रक चालकों ने बताया कि यह धान परसवाड़ा तहसील के ग्राम झिरिया निवासी बिचौलिए राजेंद्र रहांगडाले के लिए लाया गया था। राजेंद्र रहांगडाले ने पूछताछ में भोरवाही और बघोली धान खरीदी केंद्रों में धान खपाने की बात स्वीकार की है। इस मामले में परसवाड़ा के कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी सुरेश धोटे की परसवाड़ा थाने में ट्रक चालक आकाश यादव, बलराम यादव, कमल किशोर ट्रेडर्स मंडला के प्रोपराइटर कमल आहूजा और बिचौलिए राजेन्द्र रहांगडाले के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। 1500 बोरी में 599 क्विंटल धान जब्त कार्रवाई के दौरान ट्रकों में लाए गए 1500 बोरी में 599 क्विंटल धान को जब्त कर चंदना वेयरहाउस के सुपुर्द कर दिया गया है। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि मामले की विस्तृत जांच जारी है और आगे भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। थाना प्रभारी मदन इवने ने बताया कि ट्रकों को जब्त करने की कार्रवाई की जा रही है, अभी शिकायत पर चार लोगों के खिलाफ अपराध दर्ज कर विवेचना की जा रही है, विवेचना में धाराओं को बढ़ाया भी जाएगा। संभावना जताई जा रही है कि इसमें आरोपियों पर धोखाधड़ी का अपराध भी पंजीबद्ध किया जा सकता है।
खंडवा में एक 9 साल की बेटी का रिश्ता तय किए जाने के लिए उसके पिता पर दबाव डालने का मामला सामने आया हैं। रिश्ते की बात से मुकरने पर लड़के के पिता और परिजनों ने बालिका के पिता से मारपीट कर दी। उसे इतना पीटा कि तीन बार खून की उल्टियां हुई, हालत बिगड़ी तो देर रात परिजन उसे अस्पताल लेकर पहुंचे। पीड़ित सुबह अस्पताल से भागकर थाने गया और शिकायत दर्ज कराई। मामले में पुलिस ने दो लोगों पर एफआईआर दर्ज कर ली हैं। घटना थाना पिपलोद क्षेत्र के ग्राम भीलखेड़ी सराय गांव की हैं। यहां नाबालिग बच्ची की जबरन शादी का विरोध करना एक परिवार को भारी पड़ गया। शादी से इनकार करने पर दूसरे पक्ष ने बालिका के पिता को बेरहमी से पीटा, जिससे उसकी हालत गंभीर हो गई। पीड़ित बबलू अपने बेटे के साथ गांव में सामान पहुंचाने गया था। इसी दौरान कुछ लोगों ने उसकी 9 साल की बेटी ‘लाडली लक्ष्मी’ की शादी को लेकर दबाव बनाना शुरू कर दिया। जब परिवार ने साफ कहा कि लड़की नाबालिग है और 18 साल की उम्र के बाद ही शादी करेंगे, तो सामने वाला पक्ष आगबबूला हो गया। मुक्कों से पीटा गया, हाथ पर लकड़ी मारी परिजनों के मुताबिक, आरोपी नंदराज और गुंजता ने मिलकर बबलू के साथ मारपीट शुरू कर दी। मुक्कों से पीटा गया, हाथ पर लकड़ी मारी गई, जिससे हाथ में गंभीर चोट आई और खून बहने लगा। कुछ ही देर में हालत बिगड़ने लगी और उसे खून की उल्टियां होने लगीं। घटना के बाद उसे सीधे खंडवा जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां उसका इलाज हुआ। शनिवार सुबह बबलू अस्पताल से थाने पहुंचा और शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने नंदराज और गुंजता के खिलाफ केस दर्ज कर लिया हैं। पिपलोद थाना टीआई एसएन पांडेय ने बताया कि, संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज की हैं। पुलिस टीम को गांव भेजकर आरोपियों को अरेस्ट करेंगे। परिजनों का आरोप है कि, यह पूरी मारपीट नाबालिग लड़की की शादी के दबाव को लेकर की गई। कहा कि हमारी बेटी अभी छोटी है, कानून भी इसकी इजाजत नहीं देता। फिर भी दबाव बनाया गया और मना करने पर जान से मारने की कोशिश की गई।
शिक्षा के मंदिर में अक्सर अनुशासन और पाठ पढ़ाए जाते हैं, लेकिन झुंझुनूं जिले के सूरजगढ़ ब्लॉक से एक ऐसी तस्वीर सामने आई है जिसने पूरे प्रदेश को भावुक कर दिया है। राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, अगवाना खुर्द में भूगोल के व्याख्याता अनिल कुमार का तबादला क्या हुआ, जैसे गांव के बच्चों की दुनिया ही उजड़ गई। पिछले छह दिनों से स्कूल की दहलीज पर सन्नाटा है, क्योंकि वहां पढ़ने वाले छात्र अपनी कक्षाओं में नहीं, बल्कि स्कूल के मुख्य द्वार पर धरने पर बैठे हैं। भावुक क्षण: जब घुटनों पर बैठ गए गुरु शुक्रवार शाम को माहौल तब और अधिक संवेदनशील हो गया जब व्याख्याता अनिल कुमार स्वयं धरना स्थल पर पहुंचे। अपने प्रिय शिक्षक को देखते ही छात्र-छात्राएं उनके पैरों से लिपट गए और फूट-फूट कर रोने लगे। दृश्य ऐसा था कि वहां मौजूद पुलिस बल और शिक्षा विभाग के अधिकारियों की आंखें भी नम हो गईं। शिक्षक अनिल कुमार ने स्वयं को संभालते हुए बच्चों के सामने हाथ जोड़े और घुटनों के बल बैठकर गुहार लगाई— “बच्चों, धरना खत्म कर दो। तुम वापस स्कूल जाकर पढ़ो, यही मेरे लिए सबसे बड़ी गुरु-दक्षिणा होगी।” लेकिन छात्रों का एक ही जवाब था— “जब तक आपकी वापसी नहीं, तब तक स्कूल की दहलीज पार नहीं करेंगे।” प्रशासनिक अमला रहा बेअसर, टीसी कटवाने की दी चेतावनी मामले की गंभीरता को देखते हुए ब्लॉक शिक्षा अधिकारी बसंता देवी और एसीबीईओ अनिल शर्मा भारी पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने घंटों तक बच्चों को समझाने का प्रयास किया कि स्थानांतरण विभाग की एक सामान्य और सरकारी प्रक्रिया है, लेकिन बच्चों के लगाव के आगे हर दलील फीकी साबित हुई। आक्रोश इस कदर बढ़ा कि विद्यार्थियों ने अपनी जिद मनवाने के लिए प्रधानाचार्या को अपने ट्रांसफर सर्टिफिकेट (टीसी) कटवाने के लिखित आवेदन सौंप दिए। छात्रों का कहना है कि यदि उन्हें उनके पसंदीदा शिक्षक से शिक्षा नहीं मिली, तो वे इस स्कूल में पढ़ना ही छोड़ देंगे। ग्रामीणों का रोष धरने पर सिर्फ छात्र ही नहीं, बल्कि अभिभावक भी डटे हुए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि राजनीतिक कारणों या प्रशासनिक मनमर्जी से किए गए ऐसे तबादले ग्रामीण बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हैं। धरने के दौरान एक छात्रा की तबीयत इतनी बिगड़ गई कि उसे उपचार के लिए घर ले जाना पड़ा। 6 दिन से तालाबंदी: स्कूल स्टाफ और नए ज्वाइन करने आए शिक्षक को भी प्रवेश नहीं करने दिया गया। बच्चों की जिद: एसडीएम और उच्च अधिकारियों की समझाइश भी अब तक बेअसर रही है।
जींद जिले के नरवाना में प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना और हरियाणा सरकार की म्हारा गांव जगमग गांव (MGJG) योजना के तहत एक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम बिजली निगम कार्यालय परिसर में सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने और आमजन को योजनाओं की जानकारी देने के उद्देश्य से हुआ। कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री कृष्ण बेदी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने 78 पात्र लाभार्थियों को कुल 35 लाख रुपए की सब्सिडी के चेक वितरित किए। लाभार्थियों ने इस योजना को आमजन के लिए बेहद लाभकारी बताया और सरकार का आभार व्यक्त किया। सौर ऊर्जा योजनाओं की दी गई जानकारी कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने बताया कि केंद्र सरकार 1 किलोवाट सोलर सिस्टम पर 30 हजार रुपए, 2 किलोवाट पर 60 हजार रुपए और 3 किलोवाट पर 78 हजार रुपए की सब्सिडी प्रदान कर रही है। इसके अतिरिक्त, हरियाणा सरकार 2 किलोवाट तक के सोलर सिस्टम पर 50 हजार रुपए की अतिरिक्त सब्सिडी दे रही है। इस प्रकार, लाभार्थियों को कुल मिलाकर 1.10 लाख रुपए तक की वित्तीय सहायता मिल सकती है। गरीब परिवारों को सौर ऊर्जा से जोड़ने का लक्ष्य इस योजना का लाभ वही घरेलू उपभोक्ता उठा सकते हैं जिनकी वार्षिक आय 1.80 लाख रुपए तक है और जिनके पास अपने मकान की छत उपलब्ध है। सरकार का लक्ष्य हरियाणा के एक लाख गरीब परिवारों को सौर ऊर्जा से जोड़ना है, ताकि वे मुफ्त और स्वच्छ बिजली का लाभ उठा सकें। दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम ने किया आयोजन यह कार्यक्रम दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम, नरवाना द्वारा आयोजित किया गया। अधिकारियों ने बताया कि ऐसे जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से अधिक से अधिक लोगों को सौर ऊर्जा अपनाने के लिए प्रेरित किया जाएगा, जिससे प्रदेश में स्वच्छ ऊर्जा का प्रसार हो सके।
दैनिक भास्कर का पुलिस प्राइड अवॉर्ड समारोह:जयपुर ग्रामीण के 30 से अधिक पुलिसकर्मी सम्मानित
जयपुर ग्रामीण जिले में पुलिसकर्मियों के उत्कृष्ट कार्यों को सम्मानित करने के उद्देश्य से दैनिक भास्कर ने शुक्रवार को पुलिस प्राइड अवॉर्ड समारोह का आयोजन किया। कालवाड़ रोड स्थित रिसॉर्ट में आयोजित इस कार्यक्रम में 30 से अधिक पुलिसकर्मियों को प्रशस्ति पत्र और मेडल देकर सम्मानित किया गया। समारोह में जयपुर ग्रामीण एसपी राशि डोगरा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रजनीश पुनिया और फिनोवा कैपिटल के सीईओ मोहित साहनी ने संयुक्त रूप से पुलिसकर्मियों को सम्मानित किया। मोखमपुरा पुलिस थाने के कॉन्स्टेबल गजानंद पूर्व थानाधिकारी संजय प्रसाद मीणा को भी उनके उत्कृष्ट कार्यों के लिए विशेष रूप से सराहा गया। सम्मान की श्रेणियां सर्वश्रेष्ठ जांच, पेचीदा केस सुलझाने वाली टीम, आपदा प्रबंधन, यातायात नवाचार, सर्वाधिक केस निपटारा और विशेष कार्य शामिल थीं। एसपी राशि डोगरा ने इस अवसर पर कहा कि पुलिस केवल कानून-व्यवस्था ही नहीं, बल्कि समाज सेवा, आपदा प्रबंधन और सुरक्षा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। उन्होंने एपीजे अब्दुल कलाम के विचारों का उल्लेख करते हुए कर्तव्यनिष्ठा पर जोर दिया। फिनोवा कैपिटल के सीईओ मोहित साहनी ने पुलिस को देश की आंतरिक सुरक्षा की मजबूत दीवार बताया। यह आयोजन दैनिक भास्कर और राजस्थान पुलिस का एक साझा मंच था, जिसमें फिनोवा कैपिटल मुख्य सहयोगी के रूप में शामिल रहा। रेनवाल ब्रिक्स एसोसिएशन यूनियन रेनवाल मांजी, तेजपाल भाखर, बलवीर सिंह जाखड़, एम विंग्स एकेडमी स्कूल एवं गर्ल्स कॉलेज रेनवाल मांजी (चेयरमैन रामजीलाल चौधरी) जैसे सामाजिक संगठनों और सहयोगी संस्थाओं ने भी इस आयोजन में अपना सहयोग दिया।
श्योपुर के गांधी पार्क में शनिवार को कांग्रेस ने महात्मा गांधी रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के नाम और कानून में किए गए बदलावों के विरोध में एकदिवसीय उपवास रखा। इंदौर के भागीरथपुरा क्षेत्र में दूषित पानी पीने से हुई मौतों को लेकर भी प्रदर्शन किया गया। कांग्रेस नेताओं ने केंद्र और राज्य सरकारों पर गरीब, मजदूर और आम नागरिकों की अनदेखी का आरोप लगाया। उपवास स्थल पर कांग्रेस नेता दौलतराम गुप्ता ने मनरेगा में हुए बदलावों पर बात की। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने मनरेगा के नाम और मूल कानूनों में ऐसे संशोधन किए हैं, जिनसे गरीब मजदूरों को मिलने वाले अधिकार और लाभ कमजोर हुए हैं। गुप्ता ने कहा कि मनरेगा का मूल उद्देश्य ग्रामीण गरीबों को सम्मानजनक रोजगार प्रदान करना था, लेकिन मौजूदा सरकार की नीतियों से यह प्रभावित हुआ है। कांग्रेस नेताओं ने इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी पीने से हुई 23 मौतों को गंभीर प्रशासनिक लापरवाही बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार इस त्रासदी के प्रति असंवेदनशील है और जिम्मेदार लोगों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है। प्रदर्शनकारियों के अनुसार, यह घटना केवल प्राकृतिक आपदा नहीं, बल्कि प्रशासनिक विफलता का परिणाम है। उपवास के दौरान नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय पर भी निशाना साधा गया। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि मंत्री अहंकारी हैं और उन्हें इस घटना की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देना चाहिए। उन्होंने यह भी मांग की कि भागीरथपुरा हादसे के लिए जिम्मेदार अधिकारियों को तत्काल सेवा से बर्खास्त कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए। कांग्रेसियों ने इंदौर त्रासदी के पीड़ित परिवारों को 50-50 लाख रुपये का मुआवजा देने की भी मांग की। उपवास के माध्यम से सरकार को चेतावनी दी गई कि यदि मनरेगा के मूल स्वरूप को बहाल नहीं किया गया और जल त्रासदी के दोषियों पर कार्रवाई नहीं हुई, तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। कांग्रेस का मानना है कि भाजपा की मानसिकता महात्मा गांधी के विचारों के विपरीत है। इसलिए, पार्टी ने मांग की कि मनरेगा योजना और उसके मूल कानूनों को बिना किसी बदलाव के लागू किया जाना चाहिए।
तिलक नगर थाना क्षेत्र में एक युवती ने फांसी लगाकर सुसाइड कर लिया। दो दिन तक उसका शव फंदे पर लटका रहा। यहां तक कि पड़ोसियों और मकान मालिक तक को इसकी जानकारी नहीं लगी। बदबू आने पर घटना का खुलासा हुआ। 14 जनवरी को युवती की मां से आखरी बार बात हुई थी। युवती पहले बैंक में काम करती थी, जहां से उसने नौकरी छोड़ दी थी। डिप्रेशन के कारण सुसाइड की आशंका है। हालांकि पुलिस को घटना स्थल से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है, पुलिस ने युवती का मोबाइल कस्टडी में ले लिया है, जिसकी जांच की जाएगी। तिलक नगर पुलिस के मुताबिक 23 वर्षीय उमंग पिता मालती प्रजापति मूल रूप से भोपाल की रहने वाली है। वह कुछ सालों से इंदौर के गणेश नगर में किराए से रह रही थी। उसके घर में उसके माता-पिता व छोटी बहन है। पिता भोपाल में व्यापार करते हैं। घटना की जानकारी मिलने के बाद भोपाल से माता-पिता व अन्य परिजन इंदौर पहुंचे। एमवाय अस्पताल में उसका पीएम कराया जा रहा है। परिजन ने बताया कि शव को भोपाल ले जाया जाएगा, जहां उसका अंतिम संस्कार किया जाएगा। मां से कहा था बाद में बात करूंगीपरिजन ने बताया कि 14 जनवरी को उमंग की मां से आखरी बार बात हुई थी। ये भी बताया जा रहा है कि उस वक्त वह नाराज थी, जिस पर उसने मां से कहा था कि वह बाद में बात करेगी। इस पर छोटी बहन ने भी मां से कहा था कि दीदी से बाद में बात कर लेना। मगर उसके बाद मां की बेटी से बात ही नहीं हो पाई। संभवत: 14 जनवरी को ही उसने सुसाइड कर दिया। दो दिन से कमरे से बाहर नहीं निकली थी युवतीदो दिन से युवती कमरे में से बाहर नहीं आई थी। ना तो पड़ोसियों ने उसे दिखा और ना ही मकान मालिक ने। वहीं परिवार के लोगों ने उसे शुक्रवार को कॉल किया तो उसने कॉल नहीं उठाया। वे कमरे पर पहुंचे तो उसका शव लटका मिला। घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पीएम के लिए एमवाय अस्पताल भेजा। वहीं जानकारी मिलने के बाद भोपाल से भी परिवार के लोग इंदौर आए। परिजन ने बताया कि वह एक बैंक में काम करती थी। जहां पर काम को लेकर वह तनाव में थी। इसके चलते उसने कुछ समय पहले नौकरी भी छोड़ दी थी। इधर, पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है।
आगरा में शाहजहां के 371वें उर्स पर ताजमहल में 1720 मीटर लंबी चादरपोशी के विरोध में अखिल भारत हिंदू महासभा ने 21 मीटर लंबा भगवा ध्वज लहराने का ऐलान किया था। हिंदूवादी कार्यकर्ता ताजमहल पर भगवा ध्वज फहराने के लिए निकले। पुलिस ने सभी को ताजमहल से पहले रास्ते में रोक लिया। पुलिस से हिंदूवादियों की काफी देर तक जिरह हुई। वो ताजमहल जाने पर अडे़ थे। बाद में समझा-बुझाकर ध्वज को मंदिर में चढ़ाया गया। अखिल भारत हिंदू महासभा की जिलाध्यक्ष मीरा राठौर ने उर्स के दौरात ताजमहल को तेजोमहालय बताते हुए ध्वज फहराने की बात कही थी। इसको लेकर सुबह से ही पुलिस ने मीरा राठौर को घर में नजरबंद कर लिया था। मगर, मीरा राठौर कार्यकर्ताओं के साथ नंगे पैर हाथ में थाल लेकर 21 मीटर लंबा ध्वज लेकर निकली। पुलिस ने उन्हें कई जगह रोका। मगर, मीरा राठौर आगे बढ़ती गई। पुलिस ने ताजमहल से करीब 500 मीटर पहले पुरानी मंडी चौराहे के पास मीरा राठौर को रोक लिया। पुलिस से हुई तकरारपुलिस द्वारा रोकने पर हिंदूवादियों ने विरोध जताया। उनका कहना था कि ताजमहल में जब उर्स पर कव्वाली और चादरपोशी हो सकती है तो वो भी भगवा ध्वज चढ़ा सकते हैं। पुलिस ने उन्हें काफी देर तक समझाया। हिंदूवादियों ने जमकर नारेबाजी की। भारत माता के जयकारे लगाए। काफी देर के बाद हिंदूवादियों ने शिव मंदिर में ध्वजा को चढ़ाया।
बलिया रंग महोत्सव का आगाज,VIDEO:छात्राओं ने शास्त्रीय असमिया बिहू लोकनृत्य किया, नाटक दधिचि का मंचन
बलिया में अखिल भारतीय नाट्य एवं लोकनृत्य प्रतियोगिता, द्वितीय बलिया रंग महोत्सव का रंगारंग आगाज हो गया। जागरूक शिक्षण प्रशिक्षण संस्थान द्वारा आदर्श वाटिका गार्डन में आयोजित इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता का शुभारंभ जननायक चन्द्रशेखर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर संजीत कुमार गुप्त, जिला प्रोबेशन अधिकारी अमरेन्द्र कुमार और संरक्षक डाॅ. शिवकुमार सिंह कौशिकेय ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इस अवसर पर कुलपति प्रोफेसर गुप्त ने कहा कि देश की लोक-संस्कृति को संरक्षित और संवर्धित करने में जिले के जागरूक संस्थान और संस्कृति प्रेमियों की महत्वपूर्ण भूमिका है। महोत्सव का शुभारंभ नागाजी स.वि. जीराबस्ती की हर्षिता सिंह ने गणेश वंदना प्रस्तुत कर लोकनृत्य से किया। इसके बाद स्टेप आर्ट ने भरतनाट्यम, सनबीम अगरसंडा की बालिकाओं ने शास्त्रीय नृत्य और स्मृति कश्यप ने असमिया बिहू लोकनृत्य प्रस्तुत किया। पथ जमशेदपुर के नाटक 'दधिचि@.काम' ने वर्तमान राजनीति में युवाओं के अनुचित प्रयोग और गलत हथकंडों पर तीखा प्रहार किया। नाटक में नेताओं की चालबाजी को देखकर दर्शक कभी हँसते तो कभी खीझते नजर आए। नाट्य वास्तु सांस्कृतिक संस्था कानपुर के नाटक 'जहर' ने टूटते-बिखरते परिवारों से उत्पन्न पति-पत्नी संबंधों में आत्मघाती प्रवृत्ति पर प्रहार किया। इसने संयुक्त परिवार की प्रथा को वापस लाने की वकालत करते हुए एक गंभीर संदेश दिया। सुपर डी.थ्री गिरिडीह, झारखंड की प्रस्तुति 'मुनिया एक बेटी' नाटक ने बालिकाओं के साथ होने वाले शारीरिक, मानसिक और यौन उत्पीड़न पर प्रकाश डाला, साथ ही महिलाओं को जागरूक होकर प्रतिरोध करने के लिए प्रेरित किया। अतिथियों का स्वागत संरक्षक डाॅ. कौशिकेय, समाजसेवी संजय सिंह और सचिव अभय सिंह कुशवाहा ने किया। संस्कार भारती के राष्ट्रीय महामंत्री स्व. अमीरचंद की स्मृति में आयोजित इस महोत्सव में जयश मिश्र, संस्कार भारती के जिलाध्यक्ष डाॅ. राजकुमार मिश्र, महामंत्री राकेश गुप्ता मद्धेशिया, सुनील कुमार यादव, डाॅ. राजेन्द्र भारती, मोहन श्रीवास्तव, डाॅ. अरविन्द उपाध्याय, डाॅ. विजय प्रकाश पाण्डेय और आशुतोष सिंह सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। कुछ और तस्वीरें देखें
जन जागरण अभियान के तहत संगठन का विस्तार:ग्राम हिसामपुर में बैठक, कई नए पदाधिकारी नियुक्त
संभल के ग्राम हिसामपुर में जन जागरण अभियान के तहत एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करना और आम जनता को जागरूक करना था। इसमें बड़ी संख्या में ग्रामीण और किसानों ने भाग लिया। इस अवसर पर संगठन का विस्तार करते हुए कई नए पदाधिकारियों की नियुक्ति की गई। संगठन विस्तार के क्रम में सुफियान पाशा को जिला मंत्री (अल्पसंख्यक मोर्चा) संभल, मो. हसन को युवा ब्लॉक उपाध्यक्ष, यूनुस मलिक को ग्राम सचिव, मनीष कुमार को ग्राम प्रभारी, जाकिर अली को ग्राम सचिव, बब्बू को ग्राम प्रभारी, नसीम को ग्राम महासचिव और ताहिर सलमानी को ग्राम सचिव नियुक्त किया गया। सभी नवनियुक्त पदाधिकारियों से संगठन की मजबूती के लिए निष्ठा और ईमानदारी से कार्य करने का आह्वान किया गया। बैठक को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष संभल कामेन्द्र चौधरी ने बताया कि जन जागरण अभियान का लक्ष्य संगठन को गांव-गांव तक पहुंचाना और किसानों, मजदूरों तथा आम जनता की समस्याओं को प्राथमिकता से उठाना है। जिला उपाध्यक्ष मिंकू चौधरी और जिला सलाहकार सरदार गुरुवचन सिंह ने संगठन में एकजुटता पर जोर देते हुए कार्यकर्ताओं से आपसी समन्वय के साथ जनहित के कार्य करने का आग्रह किया। इस अवसर पर जिला संगठन मंत्री चौ. ऋषिपाल सिंह, जिला महामंत्री (अल्पसंख्यक मोर्चा) इस्माइल खां, युवा जिला मीडिया प्रभारी निर्देश कुमार उर्फ मोनू, जिला महासचिव अनमोल कुमार, जिला मंत्री खेमपाल यादव, तहसील अध्यक्ष सुरेन्द्र सिंह, ब्लॉक महासचिव पवांसा श्रीपाल यादव, तहसील महासचिव राजीव कुमार उर्फ बाबूजी, तहसील अध्यक्ष (अल्पसंख्यक मोर्चा) मेहंदी हसन और ब्लॉक अध्यक्ष (अल्पसंख्यक मोर्चा) डॉ. वसीम सहित कई अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे। महिला मोर्चा से ब्लॉक प्रभारी प्रदेव देवी और ब्लॉक उपाध्यक्ष अतलेश देवी भी मौजूद थीं। इनके अलावा सैकड़ों किसान और ग्रामीण भी बैठक में शामिल हुए। बैठक में किसानों की समस्याओं, संगठन के विस्तार और आगामी कार्यक्रमों पर विस्तृत चर्चा की गई।
कोटपूतली में विधिक जागरूकता शिविर आयोजित:पर्यावरण संरक्षण, साइबर अपराधों पर ग्रामीणों को दी जानकारी
कोटपूतली में राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जयपुर तथा सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोटपूतली-बहरोड़ के एक्शन प्लान के तहत विधिक जागरूकता शिविरों का आयोजन किया गया। ये शिविर आज ग्राम पंचायत द्वारिकपुरा और नारेहड़ा में लगाए गए। शिविर का संचालन पीएलवी सुरजन कुमार मीणा और संजय कुमार जोशी द्वारा किया गया। शिविरों में ग्रामीणों को पर्यावरण संरक्षण, प्रदूषण नियंत्रण, वृक्षारोपण के महत्व, रालसा वन, बालिका 2025 सृजन की सुरक्षा योजना, श्रमिकों के अधिकार और साइबर अपराधों के विरुद्ध जागरूकता पर विस्तृत विधिक जानकारी प्रदान की गई। इसके अतिरिक्त, राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से संचालित योजनाओं के बारे में भी बताया गया। इन शिविरों में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लिया। दोनों कार्यक्रमों में कुल 240 से अधिक लाभार्थी उपस्थित रहे। प्रतिभागियों ने विधिक विषयों में रुचि दिखाते हुए प्रश्न भी पूछे और योजनाओं का लाभ उठाने की बात कही। ग्रामीणों ने ऐसे जागरूकता शिविरों को समाज के लिए उपयोगी बताया और भविष्य में भी इस प्रकार के कार्यक्रम आयोजित करने की मांग की।
डीडवाना में 18 जनवरी को 3 घंटे बिजली बंद:132 केवी जीएसएस में रखरखाव कार्य के कारण आपूर्ति होगी बाधित
डीडवाना उपखण्ड क्षेत्र में रविवार 18 जनवरी 2026 को तीन घंटे बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। विद्युत निगम 132 केवी जीएसएस के अंतर्गत आने वाले 33 केवी फीडर (डीडवाना सिटी) से जुड़े क्षेत्रों में रखरखाव कार्य करेगा। यह कार्य सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक चलेगा। बिजली कटौती का कारण हाई रिस्क प्वाइंट्स पर काम करना और नए टावर लगाना है। यह कार्य विद्युत आपूर्ति प्रणाली की सुरक्षा और दक्षता सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक है। इस दौरान 33/11 केवी जीएसएस सिंघी तलाई, मैनपॉवर हाउस डीडवाना, बांगड़ अस्पताल और खेल स्टेडियम क्षेत्र प्रभावित रहेंगे। इन क्षेत्रों में सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक बिजली नहीं रहेगी। विद्युत निगम ने आमजन से इस असुविधा के लिए सहयोग की अपील की है। विभाग ने बताया कि कार्य पूरा होते ही बिजली आपूर्ति तुरंत बहाल कर दी जाएगी।
खैरथल कॉलेज में नशामुक्ति अभियान का समापन:विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों से किया गया जागरूक
खैरथल के राजकीय महाविद्यालय में 'नई किरण नशामुक्ति अभियान' के तीन दिवसीय कार्यक्रम और युवा दिवस के उपलक्ष्य में चल रहे साप्ताहिक कार्यक्रम का समापन किया गया। इस दौरान विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया गया। 'नई किरण' अभियान के तहत विद्यार्थियों को शॉर्ट वीडियो के माध्यम से नशे के हानिकारक प्रभावों से अवगत करवाया गया। इसी क्रम में कॉलेज में नृत्य और गायन प्रतियोगिताओं का भी आयोजन किया गया। प्रतिभागियों ने अपनी प्रस्तुतियों से विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम सह प्रभारी राजवीर सिंह मीणा ने बताया कि नृत्य प्रतियोगिता में नेहा और कामिया ने प्रथम, भारती और खुशबू ने द्वितीय, जबकि रुचिका और जानवी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। गायन प्रतियोगिता में खुशी प्रथम, भारती द्वितीय और मुस्कान तृतीय स्थान पर रहीं। महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. नीतू जेवरिया ने जानकारी दी कि सरकार द्वारा चलाए जा रहे नशामुक्ति जागरूकता कार्यक्रम के तहत महाविद्यालय के विद्यार्थियों को नशा न करने की शपथ दिलाई गई। इसके साथ ही, विद्यार्थियों ने हस्ताक्षर अभियान में भी हिस्सा लेते हुए नशा न करने का संकल्प लिया। इसी अवसर पर युवा दिवस के उपलक्ष्य में चल रहे साप्ताहिक कार्यक्रम का भी समापन हुआ। डॉ. राहुल वर्मा ने विद्यार्थियों के साथ स्वामी विवेकानंद के व्यक्तित्व और उनके योगदान पर चर्चा की। कार्यक्रम संयोजक साक्षी जैन ने बताया कि इस कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को स्वामी विवेकानंद के जीवन से प्रेरणा लेने के लिए प्रोत्साहित करना था। कार्यक्रम का समापन सामूहिक राष्ट्रगान के साथ हुआ। इस दौरान डॉ. दीपक अहलावत, डॉ. सरस्वती मीणा, स्टाफ सदस्य आशीष शर्मा, सौम्या बारेठ और विक्रम सिंह सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
जबलपुर को भिक्षावृत्ति मुक्त बनाने का अभियान शुरू:नगर निगम, पुलिस और विजन संगठन ने लिया संकल्प
जबलपुर को भिक्षावृत्ति मुक्त बनाने के उद्देश्य से 'दीन बंधु' संकल्प कार्यक्रम का आयोजन किया गया। नगर निगम, पुलिस प्रशासन और विजन वरिष्ठ नागरिक संगठन के सहयोग से हुए इस कार्यक्रम में गणमान्य नागरिकों, जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने शहर को भिक्षावृत्ति से मुक्त करने का संकल्प लिया। विजन वरिष्ठ नागरिक संगठन के अध्यक्ष राजेंद्र सिंह ने बताया कि संस्था ने 'दीन बंधु 2026 अभियान' की शुरुआत की है। इस अभियान के तहत शहर के सभी भिक्षुओं के लिए रहने और खाने की उचित व्यवस्था की जाएगी। भिक्षावृत्ति में लिप्त बच्चों को शिक्षा से जोड़ने के लिए उनकी पढ़ाई का खर्च भी उठाया जाएगा। सिंह ने बताया कि विजन संस्था का मुख्य उद्देश्य जरूरतमंदों को मूलभूत सुविधाएं प्रदान करना और भिक्षावृत्ति के धंधे में शामिल लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वर्ष 2026 तक जबलपुर को पूर्णतः भिक्षावृत्ति मुक्त बनाना इस अभियान का प्रमुख लक्ष्य है। उन्होंने कहा कि जबलपुर संस्कारों की राजधानी है और यहां किसी को भिक्षा मांगने पर मजबूर नहीं होना चाहिए। भिक्षावृत्ति मानवता को शर्मसार करती है, इसलिए इसे समाप्त करने के लिए समाज को एकजुट होना होगा। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि मदद के लिए अन्न दान करें, न कि पैसे का। महापौर जगत बहादुर सिंह अन्नू ने इस पहल को समाजहित में महत्वपूर्ण कदम बताया। उन्होंने अभियान में शासन-प्रशासन की ओर से हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया। इस अवसर पर नगर निगम अध्यक्ष रिंकू विज और जबलपुर कलेक्टर राघवेंद्र सिंह सहित कई वरिष्ठ नागरिकों और समाजसेवियों ने भी भिक्षावृत्ति मुक्त जबलपुर बनाने का संकल्प लिया।
थाईलैंड की क्वीन चखुन सिनीनात वांगवजीरापकडी 29 जनवरी को सोनौली के रास्ते लुंबिनी जाएंगी। इससे पहले, वे 28 जनवरी को 70 सदस्यीय दल के साथ दो दिवसीय धार्मिक यात्रा पर कुशीनगर पहुंचेंगी। क्वीन पहली बार कुशीनगर आ रही हैं और दो दिन थाई मोनास्ट्री में रुकेंगी। अपनी धार्मिक यात्रा के दूसरे दिन, 29 जनवरी को क्वीन कुशीनगर के महापरिनिर्वाण बुद्ध मंदिर जाएंगी। यहां वे बुद्ध की लेटी प्रतिमा पर चीवर चढ़ाकर विश्व शांति और भारत-थाईलैंड के मैत्रीपूर्ण संबंधों को मजबूत करने के लिए विशेष पूजा करेंगी। इसके बाद, वे रामाभार स्तूप का पूजन-वंदन कर सोनौली होते हुए लुंबिनी (नेपाल) के लिए प्रस्थान करेंगी। क्वीन के सोनौली के रास्ते लुंबिनी जाने के मद्देनजर तैयारियां शुरू हो गई हैं और सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी की जा रही है। थाई बुद्धबिहार 960 सोनौली के प्रवक्ता फ्रा बोधिविदेसवजराथाडा (फ्रा रंगसीत सोंगसृ) ने बताया कि 29 जनवरी को रानी का 960 थाई बुद्ध बिहार में कार्यक्रम निर्धारित है। इस अवसर के लिए थाई बुद्ध बिहार को सजाया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि रानी का यह कार्यक्रम निजी है, जिसके कारण सुरक्षा कारणों से उस दिन 960 में किसी बाहरी व्यक्ति का प्रवेश वर्जित रहेगा।
पनकी में शेयर मार्केट में करीब 14 लाख रुपए गंवाने से परेशान स्क्रैप व्यापारी ने दोस्त के घर जाकर सुसाइड कर लिया। सुसाइड करने से पहले युवक ने दोस्त के साथ खाना बनाकर खाया था। दोस्त के काम पर जाने के बाद युवक ने घटना को अंजाम दिया। परिजनों ने बताया कि स्क्रैप व्यापारी के पिता ने जमीन खरीदने के लिए उसे पैसा दिया था, जिसे हारने से वह परेशान था। व्यापारी की जेब से एक पर्ची मिली जिसमें लिखा था कि मैं शेयर मार्केट में 14 लाख हार गया हूं, इसलिए आत्महत्या कर रहा हूं… मेरी मौत का जिम्मेदार मैं खुद हूं, इसमें किसी का दोष नहीं है। पिता ने जमीन खरीदने के लिए दिया था पैसा मूलरूप से बांदा अर्तरा के ओरहा निवासी किसान भरत लाल ने बताया कि उनका बेटा संजय कुमार त्रिपाठी किदवई नगर ई ब्लॉक में पत्नी लक्ष्मी व बेटे राघव के साथ रहता था। वह स्क्रैप की खरीद–फरोख्त में काम करता था। संजय के छोटे भाई राहुल ने बताया कि पिता ने गांव की जमीन बेंच कर 14 लाख रुपए की जमीन खरीदने के लिए भाई के खाते में डाले थे। मामा लक्ष्मी नारायण द्विवेदी ने बताया कि संजय धीरे–धीरे रकम निकाल कर करीब एक साल से शेयर मार्केट में इंवेस्ट कर रहा था, जिसमें वह सारी रकम गवां बैठा था। सुसाइड से पहले दोस्त के साथ खाया खाना जिससे वह परेशान रहने लगा था। शुक्रवार सुबह संजय पनकी यार्ड निवासी दोस्त धर्मेंद्र के घर जाने की बात कहकर निकला था। मामा ने बताया कि धर्मेंद्र के घर पहुंचने पर संजय ने उसके साथ खाना बनाया फिर दोनों ने खाना खाया। इसके बाद धर्मेंद्र नौकरी पर जाने की बात कहकर घर से चला गया। जिसके बाद संजय ने कमरे में फंदा लगाकर सुसाइड कर लिया। शाम करीब 8 बजे धर्मेंद्र घर पहुंचा तो संजय का शव लटकता मिला। जानकारी पर पनकी पुलिस मौके पर पहुंची और जांच पड़ताल की, जिसमें मृतक की जेब में एक पर्ची मिली। जिसमें उसने अपनी मौत का जिम्मेदार खुद को बताया और लिखा कि शेयर मार्केट में 14 लाख रुपए गंवाने के कारण वह सुसाइड कर रहा है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
26 जनवरी को भारत 77वां गणतंत्र दिवस मनाने जा रहा है। इस बार मुख्य परेड की थीम वंदेमातरम् पर रखी गई है। परेड के दौरान कर्तव्य पथ पर 30 झांकियां निकलेंगी, जो 'स्वतंत्रता का मंत्र-वंदे मातरम, समृद्धि का मंत्र-आत्मनिर्भर भारत' थीम पर आधारित होंगी। कर्तव्य पथ पर एनक्लोजर के बैकग्राउंड में वंदेमातरम् की लाइन्स वाली पुरानी पेंटिंग बनाई जाएगी। मेन स्टेज पर फूलों से वंदे मातरम् के रचयिता बंकिम चंद्र चटर्जी को श्रद्धांजलि दी जाएगी। इस बार गणतंत्र दिवस परेड के मुख्य अतिथि यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन होंगे। परेड में पहली बार बैक्ट्रियन ऊंट, नई बटालियन भैरव भी मार्च पास्ट करेगी। हालांकि इस बार के फ्लाईपास्ट में राफेल, Su-30, अपाचे जैसे 29 विमान शामिल होंगे। हालांकि इस बार तेजस को नहीं रखा गया है। गणतंत्र दिवस परेड में इस बार नया क्या... 77वें गणतंत्र दिवस की परेड की खास बातें... राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से 17 और मंत्रालयों से 13 समेत कुल 30 झांकियां कर्तव्य पथ पर निकलेंगी। 18 मार्चिंग टुकड़ियां और 13 बैंड हिस्सा लेंगे। परेड के दौरान प्रदर्शित होने वाली रक्षा संपत्तियों में ब्रह्मोस, आकाश मिसाइल सिस्टम, मीडियम रेंज सरफेस-टू-एयर मिसाइल (MRSAM) सिस्टम, एडवांस्ड टोएड आर्टिलरी गन सिस्टम (ATAGS), धनुष तोप, शक्तिबान और कुछ ड्रोन का स्टैटिक डिस्प्ले शामिल होगा। जबकि फ्लाईपास्ट में राफेल, Su-30, अपाचे और LCH हेलिकॉप्टर जैसे विमान शामिल होंगे। हालांकि इसमें तेजस को नहीं रखा गया है। संस्कृति मंत्रालय की वंदे मातरम: एक राष्ट्र की आत्मा की पुकार झांकी केंद्रीय थीम का मुख्य आकर्षण होगी, जबकि सैन्य मामलों का विभाग ऑपरेशन सिंदूर पर एक त्रि-सेवा झांकी पेश करेगा, जो एकजुटता का प्रतीक है। झांकियों के साथ लगभग 2,500 कलाकार सांस्कृतिक प्रदर्शन भी करेंगे। इसके अलावा अलग-अलग बैकग्राउंड के लगभग 10,000 खास मेहमानों को परेड के लिए आमंत्रित किया गया है। दिल्ली में ट्रैफिक एडवाइजरी जारी कर्तव्य पथ पर गणतंत्र दिवस परेड की रिहर्सल के कारण 17 जनवरी, 19 जनवरी, 20 जनवरी और 21 जनवरी को दिल्ली के कई मुख्य चौराहों पर ट्रैफिक की आवाजाही बंद रहेगी। रिहर्सल विजय चौक से इंडिया गेट तक होगी, जिसमें परेड का रास्ता सी-हेक्सागन तक फैला होगा। परेड में परेशानियां न हों, इसके लिए, इन चारों दिनों में सुबह 10.15 बजे से दोपहर 12.30 बजे तक प्रतिबंध लागू रहेंगे। रफी मार्ग, जनपथ, मान सिंह रोड और सी-हेक्सागन पर कर्तव्य पथ पर ट्रैफिक क्रॉसिंग बंद रहेगी। --------------- ये खबर भी पढ़ें...
बारां में भवन एवं अन्य संनिर्माण कर्मकार (श्रमिक) कल्याण उपकर अधिनियम, 1996 के तहत निर्माण कार्यों पर 1 प्रतिशत उपकर (सेस) अनिवार्य है। यह उपकर 27 जुलाई 2009 के बाद निर्मित सरकारी, वाणिज्यिक और निजी (आवासीय) भवनों तथा अन्य निर्माण कार्यों की लागत पर देय है। इस राशि का उपयोग निर्माण श्रमिकों के लिए चलाई जा रही कल्याणकारी योजनाओं में किया जाता है। श्रम विभाग के अनुसार, भवन निर्माण कराने वाले मालिकों और नियोजकों को कार्य शुरू करने की सूचना 30 दिनों के भीतर निर्धारित प्रपत्र में श्रम विभाग को देनी होगी। उपकर राशि निर्माण कार्य पूरा होने या उपकर निर्धारण होने के 30 दिनों के भीतर, जो भी पहले हो, उपकर संग्रहक को जमा करानी आवश्यक है। श्रम कल्याण अधिकारी ने बताया कि यदि किसी प्रोजेक्ट या निर्माण कार्य की अवधि एक वर्ष से अधिक है, तो एक वर्ष की अवधि पूरी होने के 30 दिनों के भीतर देय उपकर राशि जमा कराना अनिवार्य है। नियोजक द्वारा कराए जा रहे निर्माण कार्य की अनुमानित लागत पर देय उपकर अग्रिम भी जमा कराया जा सकता है। 10 लाख रुपए से कम लागत पर छूट श्रम कल्याण अधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया कि 27 जुलाई 2009 के बाद निर्मित सभी सरकारी, वाणिज्यिक और निजी आवासीय भवन उपकर के दायरे में आते हैं। हालांकि, 10 लाख रुपए से कम लागत वाले केवल आवासीय भवनों को इस उपकर से छूट दी गई है। 10 लाख रुपए से अधिक लागत वाले आवासीय भवनों पर भी एक प्रतिशत सेस वसूला जाएगा, जबकि व्यवसायिक भवन निर्माण पर कोई छूट नहीं है। इस अधिनियम के तहत, बारां जिले में वित्तीय वर्ष 2025-26 में 100 से अधिक निर्माण स्थलों (आवासीय और व्यवसायिक) के मालिकों को नोटिस जारी किए गए हैं। इसके अतिरिक्त, 20 नियोजकों के विरुद्ध एकतरफा कार्रवाई करते हुए उपकर निर्धारण आदेश जारी करने की प्रक्रिया चल रही है। इन प्रकरणों में नियत समय में राशि जमा नहीं करवाए जाने की स्थिति में वसूली के लिए कलेक्टर को प्रकरण प्रेषित किए जाएंगे। प्रारम्भ में भवन मालिक व नियोजकों को निर्माण से संबंधित दस्तावेज अथवा स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का अवसर दिया जा रहा है। 24 प्रतिशत वार्षिक की दर से ब्याज नोटिस के बाद उपकर जमा नहीं कराने पर श्रम विभाग स्वयं निर्माण की लागत निकालकर भवन मालिक के विरुद्ध एक पक्षीय उपकर सेस निर्धारण करके आदेश जारी करेगा। उपकर राशि देय होने की अवधि में जमा नहीं करवाएं जाने की स्थिति मे 24 प्रतिशत वार्षिक की दर से नियोजक पर ब्याज आरोपित किए जाने का प्रावधान है। 100 प्रतिशत पेनल्टी श्रम आयुक्त ने निर्देश प्रदान किए गए कि अधिक से अधिक भवन नियोजकों को नोटिस जारी कर उपकर जमा करवाया जाए। इसके अतिरिक्त उपकर निर्धारण के आदेश की तिथि से निर्धारित अवधि में भुगतान जमा नहीं कराने पर 100 प्रतिशत पेनल्टी का प्रावधान है। उपकर राशि जमा नहीं कराने पर मय ब्याज और पेनल्टी के साथ वसूली की कार्रवाई की जाएगी। निर्माणकर्ता द्वारा नक्शा स्वीकृति के समय उपकर की अनुमानित राशि जमा करवाई गई है तो भी अंतिम उपकर निर्धारण राशि श्रम कल्याण कार्यालय में जमा करवाना होगा।
फतेहाबाद के टोहाना में पुलिस कस्टडी से एक आरोपी फरार हो गया। पुलिस ने उसको चोरी के आरोप में पकड़ा था। वह भागते हुए एक वकील के घर में जा घुसा। इससे वहां हड़कंप मच गया। वकील की पत्नी को डराने का प्रयास भी किया, लेकिन महिला ने बहादुरी दिखाई और इसके बाद उसको काबू कर लिया गया। जानकारी अनुसार, टोहाना में बाबा बूटा बस्ती का रहने वाले रवि को पुलिस ने मोबाइल चोरी के आरोप में पकड़ा था। CIA स्टाफ उससे पूछताछ कर रहा था तो इस दौरान रवि पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया। वकील के घर में घुसा आरोपी दोपहर के समय पूछताछ के दौरान रवि दमकोरा रोड स्थित सीआईए कार्यालय से भाग निकला। भागते हुए वह शक्तिनगर इलाके में स्थित वकील सतपाल सिंगला के घर में घुस गया। पड़ोसियों और पुलिस की मदद से काबू कॉलोनी के निवासियों के इकट्ठा होने और पुलिस के दबाव के बाद आरोपी को समझा-बुझाकर शौचालय से बाहर निकाला गया। पुलिस ने उसे तुरंत हिरासत में ले लिया और वापस थाने ले गई। इस पूरी ड्रामेबाजी के दौरान मोहल्ले में हड़कंप की स्थिति बनी रही। दो मोबाइल फोन किए थे चोरी हिरासत में दोबारा लिए जाने के बाद आरोपी रवि ने मीडिया के सामने स्वीकार किया कि उसने दो मोबाइल फोन चोरी किए थे। उसने यह भी माना कि वह पूछताछ के दौरान पुलिस की गिरफ्त से भाग निकला था। इस पूरी घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है, जिसने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े किए हैं।
चित्रकूट जनपद के कर्वी और मऊ ब्लॉक सभागार में जल सेवा आकलन कार्यशालाएं आयोजित की गईं। इन कार्यशालाओं में पेयजल की गुणवत्ता और आपूर्ति की स्थिति के मूल्यांकन पर विस्तृत जानकारी दी गई। कर्वी ब्लॉक सभागार में आयोजित कार्यशाला जल निगम के एक्शन आशीष भारती के निर्देशों पर हुई। इसकी अध्यक्षता खंड विकास अधिकारी महिमा विद्यार्थी ने की। कार्यशाला में बताया गया कि जिन गांवों में पेयजल आपूर्ति शुरू हो गई है, वहां उसकी स्थिति का मूल्यांकन किया जाएगा। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश जल निगम (ग्रामीण) के सहायक अभियंता बिस्मिल्लाह, जूनियर इंजीनियर विंध्यवासिनी प्रसाद चौबे और शिवम त्रिपाठी, तथा UNOPS के जिला सलाहकार विद्यासागर गुप्ता उपस्थित रहे। इसी प्रकार, मऊ ब्लॉक सभागार में भी जल सेवा आकलन की कार्यशाला आयोजित की गई। इसकी अध्यक्षता खंड विकास अधिकारी ओमप्रकाश यादव ने की। यहां भी पेयजल की गुणवत्ता और आपूर्ति के मूल्यांकन पर जोर दिया गया। मऊ की कार्यशाला में सहायक विकास अधिकारी दुर्गेश नंदन पांडेय, उत्तर प्रदेश जल निगम (ग्रामीण) के सहायक अभियंता बिस्मिल्लाह, जूनियर इंजीनियर विजय शंकर यादव और हरिकेश, तथा UNOPS के जिला सलाहकार विद्यासागर गुप्ता मौजूद रहे। दोनों कार्यशालाओं में जल सेवा आकलन के विभिन्न पहलुओं पर प्रकाश डाला गया, जिसका मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता और उसकी निरंतरता सुनिश्चित करना है।
छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले के ग्राम मुजगहन में चार युवाओं का भारतीय सुरक्षा बलों में चयन हुआ है। चयनित युवाओं का गांव में जोशीला स्वागत किया गया। ग्रामीणों ने बाजे-गाजे के साथ उनका सम्मान किया, आतिशबाजी की और आरती उतारी। इस दौरान 'जय जवान, जय किसान' के नारे भी लगाए गए। मुजगहन युवा ब्रिगेड टीम के देवेश साहू ने बताया कि समीर गोस्वामी का चयन असम राइफल्स में, सोमप्रकाश ध्रुव का बीएसएफ में, शेखर ध्रुव का सीआरपीएफ में और राहुल साहू का सीआईएसएफ में हुआ है। इन चारों युवाओं ने कड़ी मेहनत, अनुशासन और लगन से यह सफलता हासिल की है। उनके निवास स्थान पर भव्य स्वागत-सम्मान के बाद उन्हें बाजे-गाजे के साथ पूरे गांव में भ्रमण कराया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में गांव के युवाओं ने भाग लेकर देशभक्ति का उत्साह दिखाया। ग्रामीणों और परिजनों ने चयनित युवाओं को शुभकामनाएं दीं और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। चयनित युवाओं ने गांव के अन्य युवाओं को भी लगन से तैयारी कर देश सेवा में जाने के लिए प्रेरित किया।
बिलासपुर में धान खरीदी केंद्रों में तय मापदंड से अधिक धान लेने का मामला सामने आया है। अनियमितता की शिकायत पर कलेक्टर के निर्देश पर दो केंद्रों के फड़ प्रभारी को निलंबित कर दिया गया है। वहीं, दोनों समितियों के प्राधिकृत अधिकारियों को पद से हटा दिया गया है। इन केंद्रों में हमालों को अवैध वसूली का जरिया बनाकर किसानों से 5-6 रुपए अतिरिक्त यानी की दो से तीन किलो ज्यादा धान लिए जा रहे थे। मामला घुटकू और गतौरा खरीदी केंद्र का है। दरअसल, कलेक्टर संजय अग्रवाल ने धान खरीदी केंद्रों में किसानों की समस्या और अव्यवस्था को लेकर सख्त हिदायत दी है। उन्होंने स्पष्ट कहा है कि खरीदी केंद्रों में किसानों को किसी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए। इस दौरान जिले के कई केंद्रों में किसानों से तय मापदंड से ज्यादा धान तौलाने की जानकारी सामने आई। वहीं, कुछ जगहों पर निर्धारित मात्रा से अधिक धान लेने की शिकायत भी की गई। हमालों को बनाया अवैध वसूली का जरिया घुटकू और गतौरा के धान खरीदी केंद्रों में किसानों का जमकर शोषण किया जा रहा था। शासन द्वारा 40 किलो 700 ग्राम धान लेने का मापदंड निर्धारित किया गया है, लेकिन घुटकू एवं मस्तूरी विकासखंड की गतौरा समिति में किसानों से प्रति बोरा 2 से 3 किलो तक अधिक धान लिया जा रहा था। इसके अलावा धान तौलने के नाम पर हमालों द्वारा प्रति बोरा 5 से 6 रुपये अतिरिक्त वसूली की शिकायत मिली थी। जांच में शिकायत सही पाए जाने के बाद कलेक्टर के निर्देश पर कार्रवाई की गई। खरीदी केंद्र गतौरा के फड़ प्रभारी लव कुमार यादव, बारदाना प्रभारी शैलेश राठौर, कंप्यूटर ऑपरेटर हुलेश्वर धीरही, प्राधिकृत अधिकारी राजेन्द्र राठौर को उनके पदों से हटा दिया है। वहीं, घुटकू धान खरीदी केंद्र में प्राधिकृत अधिकारी दुर्गेश रजक और फड़ एवं बारदाना प्रभारी मुकेश कुमार लोनिया द्वारा आपसी साठगांठ कर किसानों के शेष बचे रकबे में अवैध रूप से धान खपाने का मामला सामने आया। इस पर मुकेश कुमार लोनिया को निलंबित कर दिया गया है, जबकि प्राधिकृत अधिकारी दुर्गेश रजक को पद से हटा दिया गया है। पहले भी हो चुकी है एफआईआर और सस्पेंशन बता दें कि इससे पहले एरमशाही धान खरीदी केंद्र में अनियमितता पाए जाने पर संस्था प्रबंधक के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जा चुकी है। वहीं गुमा, चपोरा, पिपरतराई, देवरी एवं पौड़ी (करनकापा) धान खरीदी केंद्रों में कर्मचारियों को निलंबित किया गया है। लगातार सख्ती और कार्रवाई के बाद भी धान खरीदी केंद्रों में मनमानी और किसानों से अवैध वसूली बंद नहीं हो रही है।
हरियाणा के नारनौल में करीब एक माह पूर्व हुए सड़क हादसे में घायल महिला की इलाज के दौरान मौत हो गई। पीड़ित परिवार ने वाहन चालक पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए थाना शहर नारनौल में शिकायत दर्ज करवाई है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। राजस्थान के झुंझुनूं जिला के पचेरी थाना के गांव श्योपुरा निवासी शिकायतकर्ता अंकित ने बताया कि वह दिल्ली पुलिस में कार्यरत है। उसने शिकायत में बताया कि 18 दिसंबर 2025 को उसकी मां संतोष देवी अपने गांव श्योपुरा से अन्य ग्रामीणों के साथ गांव निहालपुरा (राजस्थान) एक कार्यक्रम में शामिल होने गई थीं। कार्यक्रम के बाद सभी लोग पिकअप वाहन में सवार होकर वापस लौट रहे थे। हाईवे पर हुआ था हादसा अंकित के अनुसार, जब वाहन नेशनल हाईवे पर नीरपुर चौक के पास पहुंचा तो चालक की लापरवाही से पिकअप का टायर फट गया। चालक द्वारा वाहन पर नियंत्रण न रख पाने के कारण पिकअप सड़क हादसे का शिकार हो गई। इस दुर्घटना में संतोष देवी को सिर में गंभीर चोटें आईं। रोहतक में तोड़ा दम हादसे के बाद परिजन उन्हें तुरंत इलाज के लिए रेवाड़ी स्थित नेरोसिटी अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां प्राथमिक उपचार के बाद हालत गंभीर होने पर उन्हें रोहतक पीजीआई रेफर कर दिया गया। रोहतक पीजीआई में इलाज के दौरान बीते कल संतोष देवी की मौत हो गई। लापरवाही से हुआ हादसा अंकित ने आरोप लगाया कि यह हादसा पूरी तरह ड्राइवर की लापरवाही और गफलत के कारण हुआ है। उसने पिकअप चालक महिपाल निवासी गांव श्योपुरा (राजस्थान) के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। थाना शहर नारनौल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
हरियाणा के पलवल जिले के गदपुरी थाना क्षेत्र के अंतर्गत पृथला गांव के एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। परिजनों का आरोप है कि भारी ब्याज, मारपीट और सार्वजनिक अपमान के कारण मोहित ने अपनी जान गंवाई है। पुलिस ने केस दर्ज कर लिया था। पृथला गांव निवासी मोहित शुक्रवार शाम को बंचारी स्थित एक ढाबे के पास अचेत अवस्था में मिला था। सूचना पर उसको अस्पताल ले जाया गया जहां उसको डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। बताया गया कुछ दिन पहले उसके साथ सार्वजनिक तौर पर मारपीट हुई थी। लोग उसका ट्रैक्टर छीन कर ले गए थे।ये घटनाएं तो नहीं मौत का कारण ढाबे के पास मिला अचेत, अस्पताल पहुंचने पर मौत शुक्रवार शाम को मोहित बंचारी स्थित 'न्यू मोगा पंजाबी ढाबा' के पास बेसुध मिला। ढाबा संचालक ने तुरंत एंबुलेंस बुलाकर उसे जिला नागरिक अस्पताल पहुँचाया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। बताया जा रहा है कि मोहित की मौत की खबर मिलते ही आरोपी छीना हुआ ट्रैक्टर वापस छोड़कर फरार हो गए। पुलिस कार्रवाई: आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश गदपुरी थाना पुलिस ने पीड़ित परिवार की शिकायत पर दोनों नामजद आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। पुलिस अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है ताकि मौत के सटीक कारणों का पता चल सके। साथ ही आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है।
प्रदेश में चल रहे मतदाता सूची विशेष पुनरीक्षण अभियान के तहत शनिवार को सदर विधायक भूपेश चौबे ने रॉबर्ट्सगंज नगर के जोगिया वीर मोहाल स्थित बूथ संख्या 52 और 53 का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने मतदाताओं के नाम जोड़ने के लिए फॉर्म भरवाने सहित अन्य आवश्यक औपचारिकताएं पूरी कराईं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मतदाता सूची विशेष पुनरीक्षण अभियान को अत्यंत गंभीरता से लिया है। उन्होंने पार्टी के सभी कार्यकर्ताओं को इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतने का संदेश दिया है। मुख्यमंत्री ने सभी को अन्य कार्यों को छोड़कर मतदाता सूची पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया है। इसी निर्देश के तहत सदर विधायक भूपेश चौबे को सदर विधानसभा के बूथ संख्या 52 और 53 का 'प्रवासी' नियुक्त किया गया है। यह दायित्व मिलने के बाद विधायक सक्रिय हो गए हैं। शनिवार को उन्होंने इन बूथों पर पहुंचकर 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले युवाओं के लिए फॉर्म 6 भरवाने का कार्य कराया। इसके साथ ही फॉर्म 7 और फॉर्म 8 भी भरवाए गए। इस अवसर पर विधायक चौबे ने मतदाताओं को जागरूक करते हुए कहा कि परिवार में जिन सदस्यों का नाम मतदाता सूची में नहीं है और वे 18 वर्ष के हैं, उन्हें फॉर्म 6 भरना चाहिए। यदि परिवार का कोई सदस्य बाहर रहता है, उसका नाम कहीं और दर्ज है, या उसकी मृत्यु हो चुकी है, तो नाम हटाने के लिए फॉर्म 8 भरें। उन्होंने जोर दिया कि कोई भी पात्र व्यक्ति मतदाता सूची में दर्ज होने से छूटना नहीं चाहिए। उन्होंने अपने साथ के लोगों से भी कहा कि प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है कि वह मतदाता सूची में मतदाता के रूप में दर्ज होकर लोकतांत्रिक प्रक्रिया में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाए।
दक्षिण अफ्रिका के जिराफ और गिर के बब्बर शेर अलवर लाए जाएंगे। यही नहीं 7 नस्ल के टाइगर भी होंगे। इसके अलावा अनेक वन्यजीव अलवर में कटी घाटी के पास देखे जाएंगे। अगले 1 साल में सरकार शहर के निकट कटी घाटी में NCR का सबसे बड़ा बायोलॉजिकल पार्क बनाने में लगी है। जिसके लिए सेंटर गर्वमेंट की अप्रूवल भी मिल चुकी है। अब जल्दी टेंडर के बाद काम शुरू हो जाएगा। यह बात शनिवार काे राजस्थान सरकार में वन राज्य मंत्री संजय शर्मा ने अरावली की पहाड़ी के ऊपर कार्यकर्ताओं के बीच में कही। मंत्री रोजाना एक पेड़ मां के नाम लगाते हैं। इस अभियान को दो साल पूरे होने पर कटी घाटी पर नगर वन पहुंचे। इसी पहाड़ी पर कुछ दिन पहले कांग्रेस के नेता अरावली बचाने की मांग करते हुए चढ़े थे। उसके बाद अब वन मंत्री भी उसी पहाड़ी पर पहुंचे तो मंत्री ने कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा, नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली पर हमला बोलते हुए कहा कि उन्होंने एक पौधा नहीं लगाया और यहां कार्यकर्ताओं के साथ आकर सैकड़ों पौधों को तोड़कर चले गए। राज्य व केंद्र सरकार अरावली बचाने के लिए हर संभव प्रयास करने में लगी है। मुझे 5 साल में 50 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य मिला है। पहले साल में 7 करोड़ दूसरे साल में 11 करोड़ से अधिक पौधे सबके सहयोग से लगाए हैं। उनके संरक्षण पर भी पूरा ध्यान हैं। डबल इंजन की सरकार में आने वाले साल में भी बड़े विकास के कार्य होंगे। मंत्री ने कहा - प्रेम रत्नाकर बांध में नियम के अनुसार मिलेंगे पट्टे अलवर शहर में कटी घाटी के बगल में बहुत पुराना प्रेम रत्नाकर बांध है। जिसमें 30 साल से अवैध निर्माण जारी है। यहां सैकड़ों मकान बन चुके हैं। बांध के घने भराव क्षेत्र में निर्माण नहीं हुआ है। मंत्री से प्रेम रत्नाकर बांध में अवैध निर्माण पर सवाल किया तो जवाब मिला कि यहां कोर्ट के आदेश आए हुए हैं। उसके अनुसार ही पट्टे मिलेंगे। अभी संभवतया पट्टे नहीं मिले हैं। लेकिन हमने जल संरक्षण के लिए आसपास कई बड़े एनिकट बनाए हैं। सरकार लगातार जल संरक्षण पर ध्यान दे रही है। ताकि अलवर शहर के पानी के संकट को दूर किया जा सके। राज माता की तरह लगी नगर वन में टाइगर की प्रतिमा सरिस्का में राजमाता की तरह नगर वन में टाइगर की प्रतिमा लगी है। जो आकर्षक है। जिसे देखने के लिए काफी संख्या में लोग पहुंचे। आने वाले सब सेल्फी लेते हुए दिखे। टहला में आवंटित भूमि की जांच होगी वन मंत्री ने कहा कि कांग्रेस के राज में टहला में जमीनों की बंदरबांट की। बाद में धांधली पकड़ी गई तो कलेक्टर को हटा दिया था। जिससे कांग्रेस की मंशा का पता चलता है। अब यदि आवंटन खारिज करने के बाद जमीनों पर कब्जे होने लगे हैं तो उसकी जांच कराएंगे।
धान खरीद न होने से किसान आक्रोशित:मिर्जापुर में जिला प्रशासन को सौंपा ज्ञापन, मनमानी का आरोप
मिर्जापुर। छानबे विकासखंड के अकोढ़ी गांव के किसान धान खरीद न होने से परेशान हैं। उन्होंने जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर तत्काल राहत की मांग की है। किसानों का आरोप है कि कई क्रय केंद्रों पर धान की तौल तो कर ली गई है, लेकिन अंगूठा सत्यापन न होने के कारण भुगतान अटका हुआ है। किसानों ने बताया कि भटेवरा प्रथम, भटेवरा द्वितीय, डेरवा, शिवपुर नरोईया और तिलई सहित कई क्रय केंद्रों पर उनका धान तौला गया था। हालांकि, अब तक अंगूठा सत्यापन नहीं किया गया है, जिससे उन्हें भुगतान नहीं मिल पा रहा है। अकोढ़ी गांव के लगभग 70 प्रतिशत किसानों का धान अभी भी खलिहानों में पड़ा है। कई किसान 12 जनवरी 2024 से अपने ट्रैक्टरों पर धान लादकर क्रय केंद्रों पर खड़े हैं, जबकि कुछ इससे भी पहले से इंतजार कर रहे हैं। जब भी किसान क्रय केंद्र पहुंचते हैं, तो केंद्र प्रभारी उन्हें अगले हफ्ते या चार दिन बाद आने को कहकर टाल देते हैं। किसानों ने ज्ञापन में आरोप लगाया कि क्रय केंद्रों पर व्यापारियों और मिलरों की मिलीभगत से रोज का कोटा पूरा कर लिया गया। इससे वास्तविक किसानों का धान नहीं खरीदा जा सका। अब केंद्र प्रभारी यह कहकर धान खरीदने से इनकार कर रहे हैं कि जिले का सरकारी कोटा पूरा हो चुका है। किसानों ने मांग की है कि सभी क्रय केंद्रों पर बाहर से आए व्यापारियों द्वारा कराई गई धान तौल की जांच की जाए। उन्होंने तहसील स्तर पर लेखपालों द्वारा रजिस्ट्रेशन सत्यापन में जानबूझकर की जा रही देरी और कंप्यूटर ऑपरेटर स्तर से सत्यापन रोके जाने को भी गंभीर बताया। किसानों ने चेतावनी दी कि उन्होंने सरकारी और साहूकारों से कर्ज लेकर धान की खेती की है। धान न बिकने की स्थिति में वे भुखमरी के कगार पर पहुंच जाएंगे। यदि शीघ्र धान खरीद सुनिश्चित नहीं की गई, तो किसान किसी भी स्तर पर जाने को मजबूर होंगे, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन और सरकार की होगी। किसानों ने सभी किसानों का धान किसी भी सूरत में क्रय करने, सत्यापन एवं भुगतान प्रक्रिया पूरी कराने और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।
रेवाड़ी के राजीव नगर मोहल्ले में विवाहिता ने फांसी का फंदा लगाकर जान दे दी। सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर अस्पताल पहुंचाया। मौत की सूचना के बाद अस्पताल पहुंचने परिजनों ने हत्या का आरोप लगाते हुए अस्पताल में हंगामा किया। पुलिस ने किसी प्रकार समझाकर उन्हें शांत किया। नाबालिग की शादी के सवाल पर पुलिस ने चुप्पी साध ली। चंडीगढ़ गया हुआ था पति जानकारी के अनुसार कि मेघा ने करीब 6 माह पहले प्रेम विवाह किया था। बताया जाता है कि उस समय मेघा की उम्र करीब 16 साल थी। जिस समय मेघा ने अपने घर में पंखें पर फांसी का फंदा लगाया, उस समय उसका पति किसी काम के लिए चंडीगढ़ गया हुआ था।पड़ोसियों ने दी पुलिस को सूचनाशनिवार सुबह जब मेघा घर से बाहर नहीं आई तो पड़ोसियों ने उसके घर का दरवाजा खटखटाया। अंदर से कोई जवाब नहीं मिलने पर मामले की सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने जब दरवाजा तोड़ा तो उसका शव पंखें पर लटकता मिला। जिसे नीचे उतारकर अस्पताल पहुंचाया और मामले की सूचना पुलिस को दी। अधिकारियों ने दिया ऐसे जवाबमेघा की उम्र की जानकारी का पता करने के लिए एचएसओ मॉडल टाउन के फोन 5056666122 पर फोन किया। घटना के बारे में पूछने पर उन्होंने कहा कि आज वह छुट्टी पर हैं और घर पर रेस्ट कर रहे हैं। लैंड लाइन पर फोन कर आईओ को नंबर लिया। एसआई ईश्वर सिंह के नंबर 9718485850 पर फोन किया तो कोई जवाब नहीं मिला। डीएसपी हेडक्वाटर को 9306952002 नंबर पर कॉल की तो उन्होंने फार्वर्ड कर दिया।
छत्तीसगढ़ कांग्रेस में सब कुछ ठीक नहीं चल रहा, इसकी ताजा झलक सूरजपुर से सामने आई है। ब्लॉक अध्यक्ष की नियुक्ति को लेकर पार्टी के भीतर खुला असंतोष उभर आया है। सूरजपुर जिला कांग्रेस अध्यक्ष शशी सिंह ने सीधे प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज को पत्र लिखकर मौजूदा नियुक्ति पर सवाल खड़े कर दिए हैं।और ब्लॉक अध्यक्ष को बदलने की मांग की है। शहर अध्यक्ष अलग, फिर ब्लॉक अध्यक्ष शहरी क्यों? जिला अध्यक्ष ने पत्र में लिखा है कि सूरजपुर ब्लॉक अध्यक्ष की नियुक्ति से कार्यकर्ताओं में भारी नाराजगी है। उन्होंने सवाल उठाया है कि जब शहर कांग्रेस अध्यक्ष की नियुक्ति अलग से की जा चुकी है, तो फिर ब्लॉक अध्यक्ष को शहरी क्षेत्र से क्यों चुना गया। जिला अध्यक्ष ने इस फैसले को जमीनी हकीकत और संगठनात्मक संतुलन के खिलाफ बताया है। ग्रामीण-आदिवासी बहुल ब्लॉक, फिर भी शहरी चेहरा? पत्र में उल्लेख किया गया है कि सूरजपुर ब्लॉक में 100 पंचायतें आती हैं और यह प्रेमनगर व भटगांव विधानसभा क्षेत्रों के अंतर्गत आता है। इन क्षेत्रों की करीब 95 प्रतिशत आबादी ग्रामीण है, जिसमें आदिवासी वर्ग की संख्या सबसे अधिक है। इसके बावजूद ब्लॉक अध्यक्ष का चयन शहरी क्षेत्र से किए जाने को कार्यकर्ताओं ने अस्वीकार्य बताया है। ‘जमीनी कार्यकर्ताओं की अनदेखी’ का आरोप जिला अध्यक्ष ने संकेतों में आरोप लगाया है कि ब्लॉक अध्यक्ष की नियुक्ति में जमीनी कार्यकर्ताओं की भावना और संगठन की वास्तविक स्थिति को नजरअंदाज किया गया। पत्र में साफ तौर पर कहा गया है कि पार्टी के ऊर्जावान और सक्रिय युवा कार्यकर्ता संतोष पावले इस पद के लिए सबसे उपयुक्त और सर्वमान्य नाम हैं। प्रदेश नेतृत्व पर बढ़ा दबाव पत्र के जरिए प्रदेश नेतृत्व से मांग की गई है कि पार्टी हित में इस नियुक्ति पर पुनर्विचार किया जाए और ब्लॉक अध्यक्ष का नाम बदला जाए। यह पत्र अब सिर्फ संगठनात्मक आग्रह नहीं, बल्कि प्रदेश नेतृत्व की निर्णय प्रक्रिया पर सीधा सवाल बन गया है। शीर्ष नेतृत्व तक भेजी गई प्रतिलिपि इस पत्र की प्रतिलिपि राष्ट्रीय महासचिव, प्रदेश प्रभारी, सह प्रभारी, नेता प्रतिपक्ष और प्रदेश महामंत्री संगठन को भी भेजी गई है। इससे साफ है कि मामला केवल जिला स्तर तक सीमित नहीं रहने वाला। नहीं मिल पाया जिलाध्यक्ष शशी सिंह का जवाब पूरे मामले को लेकर दैनिक भास्कर ने जिलाध्यक्ष शशी सिंह से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन खबर लिखे जाने तक उनका पक्ष सामने नहीं आ सका। पहले भी सामने आ चुकी है नाराजगी जिलाध्यक्षों की चयन प्रक्रिया के दौरान भी कांग्रेस के भीतर खींचतान खुलकर सामने आई थी। 15 अक्टूबर को NSUI और यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने रायपुर जिले के पर्यवेक्षक प्रफुल्ल गुडाधे से जिलाध्यक्ष चयन को लेकर लॉबिंग की शिकायत की थी।कार्यकर्ताओं ने पूर्व मंत्री सत्यनारायण शर्मा के बेटे पंकज शर्मा और पूर्व विधायक विकास उपाध्याय पर श्रीकुमार मेनन के पक्ष में लॉबिंग करने का आरोप लगाया था। सोशल मीडिया पर भी फूटा था गुस्सा इससे पहले कांग्रेस नेता शिव सिंह ठाकुर ने भी सोशल मीडिया पर अपनी नाराजगी जाहिर की थी। उन्होंने लिखा था—“रायपुर शहर अध्यक्ष के लिए आवेदन दिया था, लेकिन अब लग रहा है कि इंजीनियरिंग प्रोफेशन में लौटना पड़ेगा।”हालांकि बाद में उन्होंने पोस्ट डिलीट कर दी और राजनीति छोड़ने से इनकार किया।
पुलिस ने दो आरोपियों का अशोकनगर में निकाला जुलूस:उधारी की चाय मांगने पर बुजुर्ग से की थी मारपीट
अशोकनगर पुलिस ने एक बुजुर्ग चाय दुकान संचालक से मारपीट के आरोप में दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है। शनिवार को पुलिस ने इन आरोपियों का शहर में जुलूस निकाला, जिसमें वे लंगड़ाते हुए चलते दिखाई दिए। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान रामकुमार रघुवंशी और कुंज बिहारी ओझा के रूप में हुई है। दरअसल, यह घटना शुक्रवार को सामने आई जब राज बहादुर सिंह यादव नामक बुजुर्ग ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि एक दिन पहले रामकुमार रघुवंशी उनकी दुकान पर आया और सुबह से शाम तक चाय-सिगरेट पीता रहा। जब बुजुर्ग ने पैसे मांगे, तो रामकुमार ने विवाद शुरू कर दिया और उल्टे शराब पीने के लिए 500 रुपए की मांग की। इसके बाद रामकुमार वहां से चला गया, लेकिन रात में वह दीपक अहिरवार और कुंज बिहारी ओझा व एक अन्य के साथ डंडे लेकर लौटा। चारों ने मिलकर बुजुर्ग के साथ बेरहमी से मारपीट की, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। बुजुर्ग लगातार मिन्नतें करते रहे, लेकिन हमलावरों ने उनकी एक न सुनी। वह बचने के लिए दुकानें के अंदर कमरे में पहुंचा तो वहां भी उसे पीटा गया। पुलिस ने इस मामले में रामकुमार रघुवंशी, दीपक अहिरवार और दो अन्य अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। मारपीट की इस घटना का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ था। दो अज्ञात आरोपियों में से एक की पहचान कुंज बिहारी ओझा के रूप में हुई, जिसे पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अब दीपक अहिरवार और एक अन्य फरार आरोपी की तलाश कर रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शेष आरोपियों को भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
जोधपुर के मथानिया का नाम आते ही जेहन में तीखी मिर्च की याद आ जाती है। देशभर में अपनी अलग पहचान रखने वाली यहां की मिर्च पर इस बार मौसम ने करारा प्रहार किया है,जिससे इस बार उत्पादन में कमी नजर आएगी। वहीं भावों में भी तेजी रहेगी। किसान खींवराज परिहार ने बताया कि बेमौसम बारिश, कोहरे की कमी और हल्की गर्मी से पैदावार गिरी है। पिछले साल की बात की जाए तो 430 बीघा में मिर्च की खेती की गई थी, लेकिन इस बार 500 बीघा से ज्यादा पर खेती की गई, लेकिन उत्पादन उम्मीद से कम है। जहां पहले 2200-2500 किलो प्रति बीघा होता था, वह अब 1600-2000 किलो तक सिमट गया। यानी 12 से 18 फीसदी की गिरावट है। लाल मिर्च के दामों में बढ़ोतरी किसान खींवराज ने कहा कि पौधों से फल लगातार झड़ते रहे, जिसके चलते उत्पादन घटा है। इसका असर बाजार में भी नजर आया। यहां लाल मिर्च के दामों में भी बढ़ोतरी हुई है। पिछले साल 2100-2200 रुपये प्रति 40 किलो के भाव इस बार चढ़कर 2500-2600 रुपए पर पहुंच गए हैं। बता दें कि मथानिया की लाल मिर्च का नाम देशभर में प्रसिद्ध है। यहां की उन्नत किस्म की लाल मिर्च के चलते मथानिया को मिर्च वाले कस्बे के नाम से जाना जाता है। यहां के प्रमुख किसान लाल मिर्च की खेती से जुड़े हुए हैं। गहरा लाल रंग और तीखेपन की वजह से मिर्च को लोग खूब पसंद करते हैं।
शहर से 60 किलोमीटर की परिधि में ऑटो रिक्शा संचालन की अनुमति की लंबे समय से अटकी प्रक्रिया को लेकर ऑटो रिक्शा चालक एक बार फिर मुखर हो गए हैं। बुधवार को बड़ी संख्या में रिक्शा चालक ट्रैफिक डीसीपी कार्यालय पलासिया पहुंचे और अपनी मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा। चालकों ने जल्द निर्णय नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी भी दी है। भगवा ऑटो रिक्शा चालक संघ के अध्यक्ष वीरेंद्र कुमार त्रिपाठी के नेतृत्व में पहुंचे चालकों का कहना है कि जुलाई 2025 में इस मांग पर प्रशासनिक और राजनीतिक स्तर पर सहमति बन चुकी थी, लेकिन अधिकारियों के तबादले के बाद मामला फाइलों में ही अटका रह गया। सहमति के बाद नहीं बदले नियम संघ के अनुसार जुलाई 2025 में नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और तत्कालीन कलेक्टर आशीष सिंह के साथ हुई बैठकों में ऑटो परमिट सीमा को 15 किमी से बढ़ाकर 60 किमी करने पर सहमति जताई गई थी। तत्कालीन कलेक्टर ने वरिष्ठ अधिकारियों और विशेषज्ञों के साथ चर्चा कर आठ दिनों में आगे की प्रक्रिया तय करने की घोषणा भी की थी। इसके बावजूद छह महीने से अधिक समय बीत जाने के बाद भी नियमों में बदलाव नहीं हो सका। फिटनेस टेस्ट के नाम पर वसूली का आरोप रिक्शा चालकों ने ज्ञापन में फिटनेस टेस्ट के दौरान हो रही कथित अवैध वसूली और नंबर प्लेट के नाम पर अतिरिक्त राशि वसूले जाने की शिकायत भी उठाई है। चालकों का कहना है कि इन अनियमितताओं से उनकी आर्थिक स्थिति पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है। इस मामले पर डीसीपी ट्रैफिक आनंद कलादगी ने रिक्शा चालकों को आश्वस्त किया कि वे सभी संबंधित विभागों से समन्वय कर मामले का शीघ्र समाधान निकालने का प्रयास करेंगे। संघ ने स्पष्ट किया है कि यदि जल्द निर्णय नहीं लिया गया तो मजबूरन आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा। परमिट सीमा बढ़ने से मिलेंगे ये फायदे संघ अध्यक्ष वीरेंद्र त्रिपाठी के मुताबिक ऑटो रिक्शा की परमिट सीमा 60 किमी किए जाने से चालक उज्जैन, देवास, ओंकारेश्वर, धार और देपालपुर जैसे क्षेत्रों तक यात्रियों को ले जा सकेंगे। इससे यात्रियों को किफायती और सुविधाजनक परिवहन मिलेगा, वहीं शहर के भीतर ऑटो रिक्शा का दबाव भी कम होगा।
अमृतसर से मुंबई जाने वाली गोल्डन टेंपल एक्सप्रेस में सीट को लेकर हुई कहासुनी ने हिंसक रूप ले लिया। कोटा से भवानीमंडी आ रही ट्रेन में शुक्रवार को एक युवक के साथ 10 से अधिक लोगों ने मारपीट की। उन्होंने युवक को लात-घुसों से मारपीट कर नीचे गिरा दिया। इसके बाद एक बदमाश उस पर उछल-उछलकर कूदने लगा। इस दौरान कुछ लोगों ने इसका वीडियो बना लिया, जो सोशल मीडिया पर शेयर हो रहा है। जीआरपी के एएसआई अशोक कुमार ने बताया- शुक्रवार पचपहाड़-भवानीमंडी निवासी शाहबाज अहमद पुत्र अब्दुल एजाज अहमद गोल्डन टेंपल एक्सप्रेस से कोटा से भवानीमंडी आ रहा था। इस दौरान सीट को लेकर कुछ युवकों से कहासुनी हो गई। इस पर ट्रेन में सवार 10 से अधिक लोगों ने उससे मारपीट की। लात-घुसों से मारपीट कर उसको नीचे गिरा दिया। इसके बाद एक बदमाश उस पर उछल-उछलकर कूदने लगा। जीआरपी ने घायल को भवानीमंडी स्टेशन पर उतारशाहबाज ने किसी तरह उनके चुंगल से छूटकर घरवालों को मारपीट की सूचना दी। उन्होंने शाम 4:40 बजे जीआरपी को सूचना दी तो भवानीमंडी स्टेशन पर घायल को नीचे उतारा गया। इसके साथ ही तीन युवकों को डिटेन किया गया। घायल शाहबाज को पुलिस और परिजनों की मदद से भवानीमंडी अस्पताल ले जाया गया। एक युवक को हिरासत में लिया भवानीमंडी अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद शनिवार रात को शाहबाज को झालावाड़ रेफर कर दिया गया, जहां उसका इलाज जारी है। डिटेन किए गए युवकों में से एक युवक को कोटा जीआरपी ने हिरासत में लिया है। पर्चा बयान के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
राजस्थान की स्कूल हॉकी टीम ने इतिहास रचते हुए स्कूल नेशनल हॉकी प्रतियोगिता के फाइनल मुकाबले में उड़ीसा को 3-2 से हराकर गोल्ड मेडल अपने नाम किया। इस ऐतिहासिक जीत के साथ ही राजस्थान ने गोल्ड मेडल पर कब्जा जमाया, जबकि उड़ीसा को रजत (सिल्वर) और पंजाब को कांस्य (ब्रॉन्ज) पदक से संतोष करना पड़ा। उदयपुर में स्कूल नेशनल हॉकी प्रतियोगिता चल रही है। मैच का रोमांच, पल-पल बदलती स्थितिफाइनल मुकाबला बेहद रोमांचक रहा। खेल के पहले क्वार्टर तक दोनों टीमें 0-0 की बराबरी पर थीं। दूसरे क्वार्टर में राजस्थान ने आक्रामक खेल दिखाते हुए पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदला और 1-0 की बढ़त बना ली। जल्द ही राजस्थान ने एक और शानदार फील्ड गोल दागकर स्कोर 2-0 कर दिया। इंटरवल के बाद तीसरे क्वार्टर में राजस्थान ने तीसरा गोल कर अपनी स्थिति बेहद मजबूत कर ली। हालांकि, उड़ीसा ने वापसी की पूरी कोशिश की। राजस्थान के गोलकीपर ने अद्भुत खेल दिखाते हुए उड़ीसा के कई पेनल्टी कॉर्नर बेकार कर दिए। इसके बाद उड़ीसा ने एक पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर स्कोर 3-1 किया। चौथे क्वार्टर में मुकाबला और कड़ा हो गया। उड़ीसा ने एक और गोल दागकर स्कोर 3-2 कर दिया, जिससे मैच में रोमांच चरम पर पहुँच गया। अंतिम मिनटों में दोनों टीमों ने जी-जान लगा दी, लेकिन राजस्थान ने अपनी बढ़त बरकरार रखी और 3-2 से जीत दर्ज कर इतिहास रच दिया। जैसे ही फाइनल की सीटी बजी, मैदान में मौजूद सैकड़ों दर्शक खुशी से झूम उठे। उदयपुर के खेल प्रेमियों ने खिलाड़ियों को कंधों पर उठा लिया। टीम के प्रशिक्षक दिग्विजय सिंह राणावत, मैनेजर बलवंत चौधरी और शिक्षा अधिकारियों का भी दर्शकों ने गर्मजोशी से स्वागत किया। खिलाड़ियों और कोचों के साथ दर्शक भी मैदान पर जमकर नाचे। हार्डलाइन मुकाबला- पंजाब तीसरे स्थान परस्वर्ण पदक के मुकाबले से पहले तीसरे स्थान (हार्डलाइन) के लिए पंजाब और हिमाचल प्रदेश के बीच मैच हुआ। इस एकतरफा मुकाबले में पंजाब ने हिमाचल प्रदेश को 6-0 से करारी शिकस्त देकर कांस्य पदक जीता।
पचमढ़ी में ट्रेनिंग पर गए भोपाल के एक पंचायत सचिव ने हंगामा कर दिया। सचिव ने ट्रेनिंग सेंटर के कर्मचारियों से अभद्रता भी की। जानकारी सामने आने पर जिला पंचायत सीईओ इला तिवारी ने उसे सस्पेंड कर दिया। एक अन्य पंचायत सचिव पर भी निलंबन की गाज गिरी है। जानकारी के अनुसार, सरपंच, सचिव-ग्राम रोजगार सहायक को 15 से 17 जनवरी तक ट्रेनिंग पर भेजा गया था। यह ट्रेनिंग संजय गांधी युवा नेतृत्व एवं प्रशिक्षण केंद्र में हुई। इसमें ग्राम पंचायत चंदूखेड़ी (जनपद फंदा) के सचिव ओमप्रकाश शर्मा भी पहुंचे। 15 जनवरी की रात में सचिव शर्मा ने संस्थान परिसर में हंगामा कर दिया। इसकी शिकायत संस्थान ने जनपद और फिर जिला पंचायत में की। इसके बाद सीईओ तिवारी ने सचिव को निलंबित कर दिया। डोर-टू-डोर कलेक्शन पर काम नहींजिपं सीईओ तिवारी ने फंदा जनपद की ग्राम पंचायत ईंटखेड़ी सड़क के सचिव तिलक सिंह को भी निलंबित किया। सचिव को स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) में डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन, नालियों की सफाई का कार्य किए जाने के लिए बार-बार निर्देशित किया गया था, लेकिन यह काम नहीं किया जा रहा था। इस संबंध में सचिव को पहले नोटिस जारी किया। बावजूद जवाब पेश नहीं किया। शासन की महत्वपूर्ण योजना में मंशा अनुरूप कार्य न किए जाने और वरिष्ठ अधिकारियों के आदेशों की अवहेलना किए जाने पर सचिव को सस्पेंड कर दिया गया।
लाखेरी पुलिस ने चलाया सघन गश्त अभियान:अपराध नियंत्रण और अपराधियों की धरपकड़ पर दिया जोर
बूंदी के लाखेरी में अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था सुदृढ़ करने के उद्देश्य से पुलिस ने सघन गश्त और जांच अभियान चलाया। थानाधिकारी सुभाषचंद्र शर्मा के नेतृत्व में गुरुवार और शुक्रवार रात को पुलिस टीम ने पूरे थाना क्षेत्र में व्यापक चेकिंग की। अभियान के दौरान, पुलिस ने पापड़ी क्षेत्र में मोग्यों के ढेरों की तलाशी ली। संदिग्ध गतिविधियों को लेकर स्थानीय लोगों को आवश्यक समझाइश भी दी गई। इसके अतिरिक्त, बॉटम लेवल बाजार में गश्त कर दुकानदारों से संवाद किया गया। थानाधिकारी ने दुकानदारों को अपने सीसीटीवी कैमरे सुचारू रूप से चालू रखने, आने-जाने वाले ग्राहकों पर नजर बनाए रखने और किसी भी संदिग्ध व्यक्ति की सूचना तुरंत पुलिस को देने के निर्देश दिए। पुलिस ने व्यापारियों से सड़क किनारे वाहन खड़े न करने की अपील भी की, ताकि यातायात बाधित न हो। शहर में यातायात व्यवस्था सुचारू रखने को लेकर भी आमजन को समझाइश दी गई। गश्त के दौरान, मेगा हाईवे और शहर में स्थित होटल-ढाबों की भी जांच की गई। होटल संचालकों को निर्देश दिए गए कि यदि कोई संदिग्ध व्यक्ति ठहरता दिखाई दे, तो तत्काल पुलिस को सूचित करें। साथ ही, समय पर होटल व ढाबे बंद रखने के निर्देश भी दिए गए। पुलिस ने बताया कि आमजन को किसी प्रकार की परेशानी न हो, यह उनकी प्राथमिकता है। इस अभियान से क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत हुई है और आमजन में पुलिस के प्रति विश्वास बढ़ा है।
बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में आयोजित तीन दिवसीय तातापानी महोत्सव शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न हो गया। जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन ने आयोजन को लेकर पहले से ही व्यापक तैयारियां की थीं, जिससे पूरे महोत्सव के दौरान कानून-व्यवस्था बनी रही। श्रद्धालुओं और दर्शकों की भारी भीड़ की संभावना को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत रखा गया। महोत्सव स्थल और आसपास के क्षेत्रों में चरणबद्ध तरीके से 1000 से अधिक पुलिस बल तैनात किया गया था। ड्रोन और सीसीटीवी से की गई निगरानी सुरक्षा व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाने के लिए आधुनिक तकनीक का सहारा लिया गया। पूरे मेला क्षेत्र की निगरानी दो ड्रोन कैमरों से लगातार की गई, वहीं सभी एंट्री पॉइंट्स पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे, ताकि लोगों की आवाजाही पर नजर रखी जा सके। एसपी ने खुद संभाली सुरक्षा की कमान सुरक्षा व्यवस्था की कमान खुद पुलिस अधीक्षक वैभव बैंकर ने संभाली। वे तीनों दिन पूरे क्षेत्र में सक्रिय रहकर सुरक्षा प्रबंधों की निगरानी करते रहे। उनके साथ 25 से अधिक निरीक्षक स्तर के पुलिस अधिकारी विभिन्न संवेदनशील स्थानों पर तैनात रहे। अस्थाई कंट्रोल रूम और त्वरित कार्रवाई की व्यवस्था किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए अस्थाई पुलिस कंट्रोल रूम स्थापित किए गए थे, जिससे त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके। महोत्सव के अंतिम दिन भोजपुरिया कलाकारों की रंगारंग प्रस्तुतियों के दौरान भारी जनसैलाब उमड़ पड़ा। दिन के साथ-साथ रात में भी बड़ी संख्या में दर्शक मौजूद रहे, लेकिन पुलिस प्रशासन की सतर्कता से स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में रही। फ्लैग मार्च और मॉक ड्रिल से बढ़ाई गई सतर्कता महोत्सव से पूर्व पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में फ्लैग मार्च निकाला गया था। इसके अलावा सुरक्षा व्यवस्था को परखने के लिए पुलिस अधिकारियों के नेतृत्व में मॉक ड्रिल भी आयोजित की गई थी। कलेक्टर ने भी की व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी जिला कलेक्टर राजेंद्र कटारा ने तीनों दिन व्यवस्थाओं की सतत निगरानी की। उन्होंने दिन-रात विभिन्न विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ समन्वय बनाकर व्यवस्थाओं को सुचारु रूप से संचालित किया। अन्य जिलों से भी बुलाया गया अतिरिक्त पुलिस बल तातापानी महोत्सव के लिए बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के पुलिस बल के अलावा जशपुर, सरगुजा और सूरजपुर जिलों से भी अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया था।
तस्कर मादक-पदार्थ तस्करी के लिए अलग-अलग जुगाड़ कर रहे है। ऐसा ही एक मामला सामने आया है। जिसमें ट्रक कंटेनर में बने मॉडिफाइड गुप्त कंपार्टमेंट में 42 कट्टों में 876 किलो डोडा-पोस्त बरामद किए। कंटेनर चारों तरफ से वेल्ड होने के बाद अलग से कंपार्टमेंट बना रखा था। उसमें हाइड्रोलिक जैक से छत से अंदर जाने का रास्ता था। कार्रवाई बाड़मेर आबकारी ने सिणधरी रोड़ रावतसर के पास नाकाबंदी के दौरान बीती रात की। कंपार्टमेंट चारों तरफ से पैक था। उससे हवा भी नहीं पा रही थी। वहीं नाकाबंदी देकर ट्रक ड्राइवर अंधेरे का फायदा उठाकर भाग गया। तस्वीरों में देखे जुगाड़ से बनाए ट्रक... जिला आबकारी अधिकारी दिनेश गहलोत ने बताया- सिणधरी रोड रावतसर के पास नाकाबंदी की हुई थी। एक ट्रक को रुकवाने पर ड्राइवर गाडी छोड़कर भाग गया। टीम ने उसका पीछा किया लेकिन अंधेरे का फायदा उठाकर भागने में सफल हो गया। वहीं, ट्रक की तलाशी ली गई तो उसमें ऐसी कोई संदिग्ध नजर नहीं आई। ड्राइवर के भागने पर संदेह होने पर अच्छी तरह से खोजबीन की। आबकारी गार्ड ओमाराम ने कंटेनर का डंडे से माप किया तो उसके अंदर और बाहर साइज में फर्क नजर आया। कंटेनर में अलग से एक कंपार्टमेंट बना था गहलोत ने बताया- टीम ने जब ट्रक कंटेनर को देखा तो एक कंपार्टमेंट अलग से नजर आया। तब ट्रक को जब्त कर आबकारी ऑफिस लेकर आए। वहां पर कटर मशीन से उसको काटा गया। तो उसके अंदर ब्लैक प्लास्टिक में 42 किलो डोडा-पोस्त का भरा हुआ था। जिसमें 876 किलो डोडा-पोस्त जब्त किया। हाइड्रोलिक जैक लगा रखा था तस्करों ने डोडा-पोस्त की तस्करी के लिए ट्रक को पूरी तरीके से मॉडिफाइड कर दिया। पहले ट्रक पर कंटेनर लगा दिया। फिर उसके आगे के हिस्से में एक अलग से कंपार्टमेंट बनाया। यह कंपार्टमेंट मादक-पदार्थ की तस्करी के लिए बनाया गया था। उस कंपार्टमेंट के लिए हाइड्रोलिक जैक लगा रखा था। जिससे छत हटाकर डोडा-पोस्त के कट्टे भरे हुआ था। ट्रक नंबरों के आधार पर आरोपियों की तलाश आबकारी अधिकारी ने बताया- ट्रक के नंबरों के आधार पर ट्रक मालिक को ट्रेस किया जाएगा। इसके साथ ही आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। रात के समय ट्रक में एक ही व्यक्ति था। आबकारी सीआई ने की कार्रवाई आबकारी आयुक्त शिव प्रसाद मदन नकाते और अतिरिक्त आबकारी आयुक्त जोन जोधपुर श्रीमती सीमा कविया एवं श्रीमान जिला आबकारी अधिकारी बाड़मेर दिनेश गहलोत के निर्देशन में मन सहायक आबकारी अधिकारी हाल आबकारी निरीक्षक रवींद्र प्रताप ने कार्रवाई की। कार्रवाई में उमा राम गार्ड सिपाही, महेश कुमार, हुकम सिंह, विशनाराम गोरधन राम साथ रहे।
प्रधान जी के दावे-वादे:बलरामपुर ब्लॉक की हसुवा डोल पंचायत के प्रधान से खास बातचीत
दैनिक भास्कर संवाददाता बलरामपुर जिले के बलरामपुर ब्लॉक की हसुवा डोल पंचायत के प्रधान प्रधान प्रतिनिधि सुरेंद्र नाथ उपाध्याय से मिले। अपने द्वारा किए गए विकास कार्यों के बारे में प्रधान ने ये बातें कहीं।मैं ग्राम पंचायत हसवाडोल प्रधान प्रतिनिधि सुरेंद्र नाथ उपाध्याय। मैंने ग्राम पंचायत में नाली का काम कराया है, खड़ंजे का काम कराया है, सोखता गड्ढे का काम कराया है, होम पाइप डलवाया है, नल बोर करवाया गया है और लोगों का वृद्धा पेंशन बनवाया गया है। मैंने साफ-सफाई का काम कराया है, स्कूल का बाउंड्री वॉल करवाया गया है, पंचायत भवन का कार्य कराया गया है, इसी तरह के सभी कार्य कराए गए हैं। आने वाले चुनाव में अगर मुझको जनता ने मौका दिया तो फिर और बेहतर काम हम कराएंगे।डिस्क्लेमर: दैनिक भास्कर, प्रधान के दावों की पुष्टि नहीं करता हैं
मंडला के कान्हा नेशनल पार्क से 12 बारहसिंगा सतपुड़ा टाइगर रिजर्व भेजे गए हैं। इनमें 4 अवयस्क और 8 मादा बारहसिंगा शामिल हैं। शनिवार सुबह विशेष वाहन से इन्हें सतपुड़ा के लिए रवाना किया गया, जो लगभग 6 घंटे के सफर के बाद वहां पहुंचेंगे। पहले भी 115 बारहसिंगा सतपुड़ा भेजे जा चुके हैं कान्हा से सतपुड़ा में बारहसिंगा के तबादला का यह नवीनतम चरण है। इससे पहले भी कान्हा से 115 बारहसिंगा सतपुड़ा भेजे जा चुके हैं। बारहसिंगा विश्व की अति संकटग्रस्त प्रजातियों में से एक है। एक समय था जब कड़ी भूमि (हार्ड ग्राउंड) के बारहसिंगा केवल कान्हा नेशनल पार्क में ही बचे थे। 1970 के दशक में हुई गणना के अनुसार, कान्हा में इनकी संख्या घटकर मात्र 66 रह गई थी और ये केवल कान्हा के घास के मैदानों तक ही सीमित थे। इसके बाद वन विभाग ने बारहसिंगा के संरक्षण पर गंभीरता से कार्य करना शुरू किया। कान्हा नेशनल पार्क में संरक्षण प्रयासों से बढ़ी बारहसिंगा की आबादी संरक्षण प्रयासों के तहत वन ग्रामों का विस्थापन किया गया और प्राप्त भूमि को घास के मैदानों में बदला गया। जल विकास के लिए तालाब और एनीकट का निर्माण किया गया। अवैध शिकार से सुरक्षा, निरंतर निगरानी और घास के मैदानों (आवास स्थलों) के लगातार विकास जैसे उपायों से बारहसिंगा की संख्या में धीरे-धीरे बढ़ोतरी हुई। परिणामस्वरूप, कान्हा में बारहसिंगा की आबादी 1000 के आंकड़े तक पहुंच गई। इस प्रजाति के विलुप्त होने की आशंका को देखते हुए, इनके बचाव और अन्य क्षेत्रों में आबादी स्थापित करने के उद्देश्य से 2015 में एक कार्ययोजना बनाई गई। इसी योजना के तहत कान्हा से बारहसिंगा का ट्रांस-लोकेशन किया जा रहा है। अब तक कान्हा से बारहसिंगा को बांधवगढ़, सतपुड़ा और वन विहार जैसे अन्य पार्कों में स्थानांतरित किया जा चुका है। बांधवगढ़ में स्थानांतरित किए गए बारहसिंगा की कुल संख्या 48 हो गई प्रदेश के बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में बारहसिंगा को बसाने की तैयारी वर्ष 2021 से जारी है। मार्च 2023 में कान्हा से 11 नर और 8 मादा सहित कुल 19 बारहसिंगा बांधवगढ़ भेजे गए थे। मई 2023 में 18 और बारहसिंगा भेजे गए, जिससे अब तक बांधवगढ़ में स्थानांतरित किए गए बारहसिंगा की कुल संख्या 48 हो गई है। इसके अतिरिक्त, कान्हा से लगभग 7 बारहसिंगा वन विहार भी भेजे जा चुके हैं।
हरियाणा के नारनौल में सामाजिक कार्यकर्ता तेजपाल इंजीनियर ने कहा कि नांगल चौधरी विधानसभा के बसीरपुर, तलोट व छीलरो गांव में बनने वाले मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक हब में जमीन अधिग्रहण को लेकर किसानों के साथ बड़ा खिलवाड़ हुआ है। वे आज यहां पत्रकारों से बात कर रहे थे। उन्हाेंने कहा कि केंद्र सरकार ने 2013 में भूमि अधिग्रहण कानून लागू कर दिया था। इसके बावजूद यहां पर लॉजिस्टिक हब के लिए अधिग्रहण की गई जमीन का मुआवजा किसानों को सहमति मॉडल के अनुसार दिया गया। जिसके हिसाब से किसानों को केवल 30 लाख रुपए प्रति एकड़ मिले। 65 लाख होना चाहिए उन्हाेंने कहा कि अगर भूमि अधिग्रहण कानून के हिसाब से किसानों को मुआवजा दिया जाता तो किसानों को एक एकड़ के करीब 65 लाख रुपए मिलते। ऐसे में किसानों के साथ मजाक किया गया तथा उसे उस समय 35 लाख रुपए प्रति एकड़ कम दिया गया। तत्कालीन विधायक ने की साजिश उन्होंने कहा कि यह सब तत्कालीन भाजपा विधायक अभय सिंह यादव की साजिश के तहत किया गया, क्योंकि अभय सिंह ने यहां के भोले भाले किसानों पर सहमति मॉडल थोप दिया। उन्होंने कहा कि इसके लिए एक कमेटी बनाई गई। जिसमें तत्कालीन सांसद व डीसी भी थे। कमिशन भी लिया उन्होंने आरोप लगाया कि अभय सिंह ने इसमें एक प्रतिशत कमिशन भी लिया। इस प्रकार उन्होंने करीब साढ़े तीन कराेड़ रुपए किसानों की जमीन का कमिशन खा लिया। उन्होंने कहा कि एचएसआईडीसी बिचौलिए को आधा-आधा प्रतिशत कमिशन करके कुल एक प्रतिशत कमिशन दो हिस्सों में देती है। अभय सिंह ने इस जमीन में बिचौलिए की भूमिका निभाई थी। किसानों की आपत्ति भी नहीं सुनी उन्होंने कहा कि किसानों ने जमीनों के रेट में आपत्तियां दर्ज कराई थी, इसके बावजूद न तो उन्हें व्यक्तिगत सुनवाई दी गई और न ही उनकी आपत्तियों को खारिज करने का कोई लिखित कारणयुक्त आदेश पारित किया गया। जबरदस्ती कराए हस्ताक्षर उन्होंने कहा कि जमीनों के लिए उचित रेट का मुआवजे का हवाला देकर किसानों को हस्ताक्षर करवाए गए तथा उन किसानों ने जमीन के रेट को लेकर बाद में आपत्तियां भी डाली। इनको पूर्ण रूप से नजरअंदाज किया गया। जिसके बाद कुछ किसानों ने कोर्ट का सहारा लिया। वहीं किसानों को समिति से बाहर रखा। डीसी ने भी नहीं बताया स्पष्ट इस मौके पर जय किसान आंदोलन के नेता अजय राव ने कहा कि यदि प्रशासनिक प्रक्रिया निष्पक्ष होती तो डीसी किसानों को यह स्पष्ट बताते 2013 की भूमि अधिग्रहण कानून के अंतर्गत भूमि देने पर कितना मुआवजा बनता है तथा सहमति मॉडल में क्या अंतर है। उन्होंने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
दतिया के भांडेर से विधायक फूल सिंह बरैया के बयान पर डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल ने बिना नाम लिए पलटवार किया है। सोशल मीडिया पर जारी बयान में राजेंद्र शुक्ल ने महिलाओं के सम्मान और सुरक्षा को लेकर दो टूक बात कही और ऐसे बयानों को खतरनाक मानसिकता का परिचायक बताया। डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल ने कहा कि किसी महिला की सुंदरता, पहनावे या पहचान को बलात्कार जैसी जघन्य हिंसा से जोड़ना न केवल अमानवीय है, बल्कि यह विकृत सोच को दर्शाता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि बलात्कार किसी परिस्थिति या महिला के अस्तित्व के कारण नहीं, बल्कि अपराधी की आपराधिक मानसिकता के कारण होता है। राजेंद्र शुक्ल ने कहा कि इस तरह के बयान महिलाओं के सम्मान, संविधान द्वारा प्रदत्त समानता के अधिकार और समाज की सामूहिक चेतना पर सीधा हमला हैं। जब जनप्रतिनिधि सार्वजनिक मंच से इस तरह की सोच व्यक्त करते हैं, तो यह केवल महिलाओं का अपमान नहीं, बल्कि समाज में गलत संदेश देने जैसा है। संविधान महिलाओं को समानता, गरिमा और सुरक्षा का अधिकार देता डिप्टी सीएम ने आगे कहा कि भारत का संविधान महिलाओं को समानता, गरिमा और सुरक्षा का अधिकार देता है। ऐसे बयान इन मूल्यों का उल्लंघन करते हैं और समाज में भय, असंवेदनशीलता और हिंसा को बढ़ावा देते हैं। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि महिलाओं को वस्तु नहीं, इंसान समझा जाना चाहिए और अपराध के लिए केवल अपराधी दोषी होता है, पीड़िता नहीं। राजेंद्र शुक्ल ने विधायक फूल सिंह बरैया के बयान की कड़ी निंदा करते हुए अपेक्षा जताई कि ऐसे विचार रखने वालों को सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए, ताकि समाज में कोई गलत संदेश न जाए। गौरतलब है कि फूल सिंह बरैया के बयान के बाद प्रदेश में जाति और महिला सुरक्षा को लेकर बहस तेज हो गई है। विपक्ष और सत्तापक्ष के बीच बयानबाजी का दौर जारी है, वहीं सामाजिक संगठनों ने भी इस तरह की टिप्पणियों पर सख्त आपत्ति जताई है। कांग्रेस विधायक ने रेप को धर्मग्रंथों से जोड़ा, कहा-तीर्थफल मिलेगा दतिया जिले की भांडेर सीट से कांग्रेस विधायक फूल सिंह बरैया का एक वीडियो सामने आया है, जिसमें वे कह रहे हैं कि धर्मग्रंथों में लिखा है कि यदि कोई तीर्थ पर नहीं जा पा रहा है तो वह दलित आदिवासी वर्ग की महिला या बच्ची के साथ रेप करेगा तो उसे वही फल मिलेगा जो तीर्थ करने से मिलता है। वीडियो में बरैया कह रहे हैं- इंडिया में सबसे ज्यादा रेप शेड्यूल कास्ट, शेड्यूल ट्राइब और मोस्ट ओबीसी से होता है। रेप की थ्योरी ये है कि कोई भी...कैसे भी दिमाग का व्यक्ति रास्ते में जा रहा है, उसे खूबसूरत अति सुंदर लड़की यदि दिखी तो उसका ब्रेन विचलित हो सकता है तो रेप हो सकता है। आदिवासियों में, एससी में कौन सी अति सुंदर स्त्री है? मोस्ट ओबीसी में ऐसी स्त्रियां, सुंदरियां हैं? क्यों होता है बलात्कार, क्योंकि उनके धर्म ग्रंथों में इस तरह के निर्देश दिए गए हैं? पूरी खबर पढ़ें बरैया के विवादित बयान
भारतीय जनता पार्टी युवा मोर्चा के नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष शंकर गौरा ने जयपुर-अजमेर प्रवास के दौरान दूदू का दौरा किया। इस अवसर पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनका जगह-जगह स्वागत किया। कार्यकर्ताओं ने प्रदेश अध्यक्ष गौरा को 21 किलोग्राम की माला पहनाकर अभिनंदन किया। स्वागत कार्यक्रम में युवा मोर्चा के पदाधिकारियों ने उन्हें हल भेंट कर सम्मानित भी किया। इस दौरान प्रदेशाध्यक्ष गौरा ने कार्यकर्ताओं के साथ 'चाय पर चर्चा' की और वन-टू-वन संवाद किया। उन्होंने संगठन की मजबूती, युवाओं की भूमिका और आगामी कार्ययोजनाओं पर विस्तार से बातचीत की। इस अवसर पर उपप्रधान कैलाश जाट, उपप्रधान रामधन अहलावत, भाजपा नेता भूपेंद्र सिंह, युवा मोर्चा नेता जीतू गौरा, मंडल अध्यक्ष कुशराज सिंह राजावत, हनुमान डूडी, गिरिराज अहलावत, विश्राम जाजूंदा, विक्रम सिंह चौहान, जयदीप सिंह, मंगल सिंह मेहरा सहित कई भाजपा कार्यकर्ता और पदाधिकारी उपस्थित रहे।
करीब दो महीने पहले आदिवासी व्यक्ति सुरजमन चेरो की गला दबाकर हत्या के मामले में विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट सोनभद्र आबिद शमीम की अदालत ने बड़ा आदेश दिया है। अदालत ने प्रभारी निरीक्षक कोन को कांट्रेक्टर समेत 5 लोगों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज करने का निर्देश दिया है। साथ ही, सीओ से मामले की विवेचना कराने और परिणाम से न्यायालय को अवगत कराने को कहा है। यह आदेश कोन थाना क्षेत्र के गिधियां गांव के टोला डोड़वाखाड़ निवासी अरुण चेरो पुत्र स्वर्गीय सुरजमन चेरो द्वारा अधिवक्ता रोशनलाल यादव के जरिए दाखिल 173(4) बीएनएसएस प्रार्थना पत्र पर दिया गया है। अरुण चेरो ने अपने पिता की हत्या का आरोप लगाया है। दिए गए प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया गया है कि 8 अक्तूबर 2025 को रात 8 बजे गांव के अरविंद गुप्ता, विनय गुप्ता, पंकज गुप्ता और धीरज गुप्ता एकराय होकर उनके घर आए थे। उन्होंने सुरजमन चेरो और उनके बेटे अरुण से महाराष्ट्र की एक कंपनी में काम करने चलने को कहा। मना करने पर चारों ने पिता-पुत्र को पीटा और जबरन दो बाइक पर बैठाकर कोन बाजार ले गए। कोन बाजार से विनय गुप्ता, पंकज गुप्ता और धीरज गुप्ता वापस लौट गए। अरविंद गुप्ता शक्तिपुंज ट्रेन से पिता-पुत्र को जबलपुर ले गया। वहां से उन्हें नागपुर और फिर महाराष्ट्र के चंद्रपुर ले जाया गया। रास्ते भर अरविंद गुप्ता ने पिता-पुत्र को धमकी दी कि अगर किसी को बताया तो जान से मार देगा। भयवश पिता-पुत्र चुपचाप उसके साथ बस से घुघुस स्थित एक कंपनी में चले गए। 12 अक्तूबर 2025 को पिता-पुत्र को कंपनी में काम पर लगा दिया गया और अरविंद गुप्ता उनकी निगरानी करने लगा। आरोप है कि कंपनी में काम करने वाला व्यक्ति अगर चोरी-छिपे भागने की कोशिश करता था, तो अरविंद गुप्ता और कंपनी के लोग उसे मारते-पीटते थे। घटना 10 नवंबर 2025 की है। जब सुरजमन चेरो चोरी-छिपे घर भागकर आने की कोशिश कर रहे थे, तो अरविंद गुप्ता ने उन्हें पकड़ लिया। अरविंद गुप्ता उन्हें एक साइड रूम में ले गया और कंपनी के लोगों की मदद से गमछे से गला दबाकर उनकी हत्या कर दी। उसके बाद मौके से अरविंद गुप्ता फरार हो गया। जब अरविंद गुप्ता के साइड रूम में गया तो वहां पर पिता की लाश पड़ी थी और अरविंद गुप्ता मौके पर नहीं मिला। तक इसकी सूचना कंपनी के सिक्योरिटी गार्ड को दिया और स्थानीय पुलिस की मदद से पिता की लाश सरकारी अस्पताल चंद्रपुर भेज दी गई। जिसका 12 नवंबर 2025 को पोस्टमॉर्टम कराया गया। उसी दिन शव एम्बुलेंस से घर लेकर पहुंचा और अंतिम संस्कार किया गया। घटना की सूचना कोन पुलिस को दिया,लेकिन कोई कार्रवाई नहीं कि गई। इसी बीच 28 नवंबर 2025 को अभियुक्त ने मोबाइल पर फोन कर धमकी दी कि एक लाख रुपए ले लो और कहीं सूचना मत देना नहीं तो तुम्हें भी जान से मरवा दूंगा। 11 दिसंबर 2025 को घटना की सूचना एसपी सोनभद्र को रजिस्टर्ड डाक से भेजा, फिर भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। तब मजबूर होकर न्यायालय में प्रार्थना पत्र दिया गया है। मामले की सुनवाई करते हुए अदालत ने अधिवक्ता रोशनलाल यादव के तर्कों को सुनने एवं पत्रावली का अवलोकन करने पर गम्भीर प्रकृति का अपराध मानते हुए पुलिस द्वारा विवेचना कराया जाना आवश्यक मानते हुए प्रार्थना पत्र स्वीकार कर लिया। साथ ही कम्पनी के कांट्रेक्टर समेत पांच लोगों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज करने के साथ ही सीओ से विवेचना कराने व परिणाम से न्यायालय को अवगत कराने का आदेश दिया है।
गोरखपुर महोत्सव का आज समापन दिवस है। 11 जनवरी से 17 जनवरी तक चंपा देवी पार्क में महोत्सव का भव्य आयोजन किया गया था। जिसमें शहरवासियों को मनोरंजन के साथ- साथ चुनिंदा चीजों की खरीदारी का मौका मिला। इस आयोजन का आज अंतिम दिन है, जिसको देखते हुए तमाम दुकानदारों ने भी स्टॉक खत्म करने के उद्देश्य से रेट कम करके सेल लगा रखा है। जिसका फायदा उठाने के लिए शहरवासियों को आज अंतिम मौका मिला है। चंपा देवी पार्क में खरीदारों की भीड़ उमड़ पड़ी है। सस्ते और टिकाऊ सामानों की लोग जमकर खरीदारी कर रहे है। 100 रुपए की साड़ी से लेकर खूबसूरत फर्नीचर ने लोगों का खींचा ध्यान है। कलाकारों ने गायकी से धमाल मचाया 11 से 13 जनवरी तक उत्सव का भव्य रंग देखने को मिला जिसमें बॉलीवुड नाइट, भोजपुरी नाइट, भजन संध्या और डीजे नाइट में वरुण जैन, पवन सिंह, रवि किशन, मैथिली ठाकुर और बादशाह जैसे कलाकारों ने अपनी गायकी से धमाल मचाया। स्थानीय कलाकारों को मिला मंच वहीं टैलेंट हंट जैसे आयोजन ने स्थानीय कलाकारों को भी मंच दिया। उन्हें अपनी कला का प्रदर्शन करने का शानदार मौका मिला। इसके अलावा बुक फेस्टिवल, विज्ञान प्रदर्शनी, कृषि मेला भी महोत्सव में मुख्य आकर्षण का केंद्र रही। भदोही, राजस्थान, दिल्ली, सहारनपुर, जयपुर, हरियाणा और देश के तमाम जगहों के व्यापारी सोफे, फर्नीचर, साज- सज्जा और विभिन्न घरेलू सामानों के लगभग 150 से अधिक स्टॉल लगाएं गए थे। हरियाणा की 100 रुपए वाली जलेबी ने खींचा ध्यान 100 रुपए की साड़ी, 200 के स्वेटर जैसे सेल वाले स्टॉलों पर खरीदारों का जमावड़ा लगा रहा। सस्ती सामानों की वजह से लोग एक के बजाय 4 सामान खरीद कर ले जा रहे थे। वहीं अगर खाने- पीने की बात करें तो हरियाणा की 100 रुपए वाली जलेबी और राजस्थान के 50 रुपए वाले लड्डू ने लोगों का ध्यान खींचा। खरीदार इन स्टॉल को ढूंढते हुए महोत्सव में पहुंच रहे थे। 13 जनवरी के बाद से पार्क में खरीदारों की हजारों की संख्या में उमड़ रही थी। वहीं आज उनके लिए लिए खरीदारी करने का अंतिम मौका है। अगले साल मिलेगा ऐसा मौकाआज सभी दुकानदार वापस चले जाएंगे। जिसके बाद फिर अगले साल ही खरीदारी का ऐसा मौका मिलेगा। समापन का दिन जैसे- जैसे नजदीक आना शुरू हुआ दुकानदारों ने अपने स्टॉक को सस्ते दामों पर बेचना शुरू कर दिया। जिसकी वजह लोगों पिछले दिनों जबरदस्त शॉपिंग की। दुकानदारों का भी कहना है कि दाम कम करके अपने स्टॉक का जल्दी बेच रहे हैं। आज सस्ते सामानों की खरीदारी के लिए अंतिम मौका देखते हुए पार्क में खरीदारों की होड़ लगी हुई है।
भारत और न्यूजीलैंड के बीच रविवार को होने वाले एक दिवसीय क्रिकेट मैच को लेकर इंदौर में जबरदस्त उत्साह है। टिकटों की भारी मांग के बीच होटल रेडिसन से लेकर होल्कर स्टेडियम तक क्रिकेट प्रशंसकों की भीड़ खिलाड़ियों की एक झलक पाने के लिए उमड़ रही है। इस बीच पुलिस-प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े और हाईटेक इंतजाम किए हैं। न्यूजीलैंड की टीम ने आज सुबह नेट प्रैक्टिस की, जबकि भारतीय टीम ने दोपहर 1 बजे से प्रैक्टिस शुरू की है। कई खिलाड़ी उज्जैन के महाकाल मंदिर दर्शन के लिए भी पहुंचे। आज सुबह विराट कोहली और कुलदीप यादव ने महाकाल मंदिर में भस्म आरती में उपस्थिति दर्ज कराई। स्टेडियम और आसपास का इलाका नो-फ्लाइंग जोन एडीसीपी राजेश दंडोतिया के मुताबिक होल्कर स्टेडियम और उसके 5 किलोमीटर के दायरे को नो-फ्लाइंग जोन घोषित किया गया है। इस क्षेत्र में ड्रोन उड़ाने और पतंगबाजी पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। स्टेडियम के अंदर और बाहर करीब 1500 से अधिक पुलिस जवान तैनात रहेंगे। सुरक्षा व्यवस्था को चार सेक्टरों में बांटा गया है। सीसीटीवी कैमरों के साथ-साथ आसपास की बहुमंजिला इमारतों से भी निगरानी रखी जाएगी। टिकटों की कालाबाजारी करने वालों पर क्राइम ब्रांच की विशेष नजर रहेगी। मैच के दिन ट्रैफिक डायवर्जन रविवार दोपहर 12 बजे से मैच समाप्ति तक ट्रैफिक डायवर्जन लागू रहेगा। इन मार्गों पर सामान्य वाहनों की आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी। इन रूट्स पर केवल पासधारी और आपातकालीन सेवाओं के वाहनों को ही प्रवेश मिलेगा। ये रहेगी पार्किंग व्यवस्था मैच देखने आने वाले दर्शकों के लिए यशवंत क्लब, अभय प्रशाल, बास्केटबॉल ग्राउंड, विवेकानंद स्कूल, बाल विनय मंदिर, जीएसआईटीएस और पंचम की फैल में पार्किंग की व्यवस्था की गई है। पुलिस प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे तय किए गए डायवर्जन और पार्किंग व्यवस्था का पालन करें, ताकि यातायात और सुरक्षा व्यवस्था सुचारू बनी रहे। कोहली-कुलदीप ने महाकाल के दर्शन किए भारत-न्यूजीलैंड के बीच इंदौर में खेले जाने वाले मैच से पहले विराट कोहली और कुलदीप यादव उज्जैन के महाकालेश्वर मंदिर पहुंचे। दोनों ने त्रिपुंड (तिलक) लगवाया। इसके बाद भस्म आरती में शामिल हुए। विराट और कुलदीप शनिवार सुबह करीब 4 बजे भस्म आरती के लिए महाकाल मंदिर पहुंचे। दो घंटे तक नंदी हॉल में बैठकर आरती देखी। इस दौरान वे जाप करते नजर आए। मंदिर समिति ने दोनों खिलाड़ियों का सम्मान कियाभस्म आरती के बाद विराट और कुलदीप ने भगवान को जल अर्पित किया। फिर नंदी जी का पूजन अर्चन कर भगवान महाकाल के देहरी से दर्शन किए। इस मौके पर महाकाल मंदिर समिति की ओर से दोनों का सम्मान किया गया। कुलदीप यादव ने कहा कि महाकाल मंदिर आकर बहुत अच्छा लगा। क्रिकेट के साथ-साथ अपनी लाइफ में भी अच्छा करते रहें, भगवान महाकाल का आशीर्वाद सब पर बना रहे बस यही मांगा है। बता दें, इससे पहले भी विराट और कुलदीप महाकाल मंदिर में दर्शन करने आ चुके हैं। कोच गंभीर ने किए थे मां बगलामुखी के दर्शनभारत-न्यूजीलैंड के होने वाले मैच के लिए टीम इंडिया इंदौर पहुंची हुई है। इससे पहले शुक्रवार को भारतीय टीम के हेड कोच गौतम गंभीर आगर मालवा जिले के नलखेड़ा स्थित विश्व प्रसिद्ध मां बगलामुखी मंदिर पहुंचे। यहां वे हवन-अनुष्ठान में शामिल हुए और वैदिक मंत्रोच्चार किया। पूजा, अनुष्ठान के बाद गौतम गंभीर ने माता के दरबार में कुछ समय बिताया। गर्भगृह में मुख्य पुजारी दिनेश गुरू ने उन्हें माता की चुनरी ओढ़ाई। इधर, क्रिकेटर केएल राहुल उज्जैन में महाकाल मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने पूजा की। तस्वीरें देखें... सीरीज 1-1 की बराबरी पर भारत और न्यूजीलैंड के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज फिलहाल 1-1 की बराबरी पर है। सीरीज का आखिरी और निर्णायक मुकाबला 18 जनवरी को इंदौर में खेला जाएगा। दोनों टीमों ने अब तक एक-एक मैच जीता है। ऐसे में यह मुकाबला बेहद अहम होगा, क्योंकि जो टीम यह मैच जीतेगी वही सीरीज पर कब्जा जमाएगी। स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें... इंदौर आए गिल 3 लाख का वाटर प्यूरीफायर साथ लाए: यहां गंदे पानी से अब तक 24 मौतें; BCCI ने शेफ भी भेजा न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज का आखिरी मुकाबला खेलने के लिए टीम इंडिया इंदौर पहुंच चुकी है। कप्तान शुभमन गिल अपने साथ करीब तीन लाख रुपए की एक विशेष वॉटर प्यूरीफिकेशन मशीन लेकर इंदौर आए हैं। पढ़ें पूरी खबर
डीडवाना-कुचामन जिले में अवैध खनन और खनिज परिवहन पर अंकुश लगाने के लिए वन विभाग ने जिला कलेक्टर डॉ. महेंद्र खड़गावत के निर्देश पर एक संयुक्त अभियान चलाया। इस कार्रवाई में तीन ट्रैक्टर-ट्रॉली और एक जेसीबी मशीन जब्त की गई। सहायक वन संरक्षक आकांक्षा गोठवाल ने बताया कि उप वन संरक्षक विजय शंकर पांडेय के नेतृत्व में एक डिवीजन स्तरीय फ्लाइंग टीम का गठन किया गया था। इस टीम ने संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार निरीक्षण कर अवैध गतिविधियों पर कार्रवाई की। अभियान के दौरान अवैध खनन और चेजा पत्थर के अवैध परिवहन के तीन मामले दर्ज किए गए। ये प्रकरण काकोट, कुचामन, नाका बस्ती और मारोठ क्षेत्रों में सामने आए। जब्त की गई जेसीबी मशीन अवैध खनन का प्रयास कर रही थी। वन विभाग की इस सख्ती से क्षेत्र में अवैध खनन पर नियंत्रण स्थापित हुआ है। भविष्य में इसकी पुनरावृत्ति रोकने के लिए पांचोता, काकोट, पांचवा, खोरण्डी और कुचामन के खनन प्रभावित मार्गों पर खाई-फेंसिंग और खड्डे खुदवाने का कार्य शुरू किया गया है। यह उपाय अवैध खनन में प्रयुक्त वाहनों की आवाजाही को भौतिक रूप से रोकेगा। सहायक वन संरक्षक ने स्पष्ट किया कि प्रशासन और वन विभाग अवैध खनन के खिलाफ शून्य सहनशीलता की नीति अपना रहे हैं। ऐसे संयुक्त अभियान और संरचनात्मक उपाय आगे भी जारी रहेंगे।
दौसा में बदमाशों ने एक प्राइवेट कंपनी के एटीएम में लूट का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली। घटनाक्रम बीती देर रात सदर थाना क्षेत्र के भांडारेज कस्बे का है, जहां नकाबपोश बदमाशों ने एटीएम को नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया। सूचना पर पुलिस ने पहुंच घटनास्थल का मौका मुआयना कर साक्ष्य जुटाए। यहां बदमाशों ने पहले एटीएम पर अंदर और बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे पर स्प्रे किया और उसके बाद मशीन खोलने का प्रयास किया। संभवतया इस दौरान किसी के आने से बदमाश मौके से भाग छूटे। कैमरों पर स्प्रे से पहले सीसीटीवी में कैद हुए बदमाश नकाब लगाए हुए दिखाई दे रहे हैं। हालांकि बताया जा रहा है प्राइवेट कंपनी के एटीएम में सुबह पैसे डाले जाते हैं और शाम को वापस निकाल लिए जाते हैं। एटीएम में पैसे रखने की अधिकतम सीमा भी 50 हजार रुपए बताई जा रही है, ऐसे में लूट की वारदात को अंजाम देने आए बदमाशों को सफलता नहीं मिली। मामले को लेकर सदर थाना इंचार्ज मुकेश कुमार ने बताया कि एटीएम में लूट के प्रयास से नकाबपोश बदमाश द्वारा सीसीटीवी पर स्प्रे किया गया, लेकिन उसे वारदात को अंजाम देने में सफलता नहीं मिली। मौके से साक्ष्य जुटाकर बदमाश की तलाश की जा रही है।
महू में युवक को मारी गोली:वेटरनरी कॉलेज के सामने फायरिंग कर आरोपी फरार; घायल इंदौर रेफर
महू-इंदौर रोड स्थित वेटरनरी कॉलेज के सामने आज शनिवार लगभग 1 बजे के एक युवक को गोली मार दी गई। घटना में युवक के चेहरे और कंधे पर चोटें आई हैं। उसे तत्काल पास के अस्पताल ले जाया गया, जहां से प्राथमिक इलाज के बाद इंदौर रेफर कर दिया गया। प्रत्यक्षदर्शी बंटी ने बताया कि 7-8 युवक एक गुमटी पर बैठकर बात कर रहे थे। अचानक तीन गोलियां चलने की आवाज आई। पास जाकर देखा तो एक युवक जमीन पर गिरा हुआ था, जबकि अन्य युवक मौके से भाग रहे थे। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल सील किया घटना की सूचना मिलते ही किशनगंज थाने की पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल को सील कर दिया और जांच के दौरान उन्हें गोली के खाली खोल भी मिले हैं। मौके पर पहुंचे एसडीओपी ललित सिकरवार ने बताया कि कुछ युवकों के बीच विवाद हो रहा था, जिसके चलते गोली चली। घायल युवक की पहचान महू निवासी ओमप्रकाश अंजना के रूप में हुई है। गोली चलाने के पीछे का कारण अभी स्पष्ट नहीं है और पुलिस मामले की जांच कर रही है।
भिवानी जिले के सिवानी क्षेत्र के लिए बड़ी राहत की खबर है। सरकार ने 30 हजार करोड़ रुपए की लागत से एक विशाल जल परियोजना को मंजूरी दे दी है। इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत ताजेवाले हेड से सिवानी तक तीन बड़ी पानी की लाइनें बिछाई जाएंगी। परियोजना का उद्देश्य क्षेत्र में पेयजल और सिंचाई की समस्या का स्थायी समाधान करना है। इसके साथ ही एक नए सड़क मार्ग का भी निर्माण किया जाएगा। नगरपालिका चेयरमैन प्रतिनिधि राजेश केडिया, सिवानी मार्केट कमेटी के चेयरमैन संजय राहड़ और जिला पार्षद मुकेश डालमिया ने एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में परियोजना से जुड़ी विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि योजना पूरी होने के बाद सिवानी और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों को पर्याप्त मात्रा में स्वच्छ पेयजल और सिंचाई का पानी मिलेगा। इससे आम जनता, किसानों और व्यापारियों को बड़ी राहत मिलेगी। सिवानी के विकास का मील का पत्थर प्रेस वार्ता के दौरान ब्लॉक के सभी सरपंच और ब्लॉक समिति सदस्य मौजूद रहे। सभी जनप्रतिनिधियों ने इस परियोजना का स्वागत करते हुए इसे सिवानी के भविष्य के लिए एक मील का पत्थर बताया। उनका कहना था कि यह योजना क्षेत्र के आर्थिक और सामाजिक विकास को नई दिशा देगी। सरकार और पूर्व मंत्री जेपी दलाल के प्रयासों का जताया आभार राजेश केडिया, चेयरमैन संजय राहड़ और अन्य जनप्रतिनिधियों ने इस अवसर पर पूर्व मंत्री जेपी दलाल और प्रदेश सरकार का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि उनके सहयोग और प्रयासों से ही यह बड़ी परियोजना सिवानी को मिल पाई है। यह योजना आने वाले वर्षों में क्षेत्र के समग्र विकास को नई गति देगी। लोगों ने बताया ऐतिहासिक कदम परियोजना की घोषणा के बाद सिवानी क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई। स्थानीय लोगों ने इसे लंबे समय से चली आ रही जल समस्या के समाधान की दिशा में एक बड़ा और सकारात्मक कदम बताया। इस अवसर पर पार्षद प्रणव गोयल, विवेक सोनी, सोनू देहदू, कुलदीप बिंदल, ज्ञानी राम शर्मा, बलदेव ठेकेदार और सुनील थेपड़ सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
नीमच जिले के मनासा कस्बे में गुलियन-बेरी सिंड्रोम (GBS) का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। अब तक इस बीमारी से दो बच्चों की मौत हो चुकी है, जबकि 17 लोग संक्रमित हैं। इनमें से 15 मरीज नाबालिग हैं, जिससे स्थिति और अधिक गंभीर हो गई है। शुक्रवार रात चार नए मामले सामने आने के बाद कुल संक्रमितों की संख्या 13 से बढ़कर 17 हो गई। संक्रमितों में 4 से 17 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों और किशोरों की संख्या सबसे अधिक है। केवल दो वयस्क मरीज ही इस बीमारी की चपेट में आए हैं। बच्चों में तेजी से फैल रहे संक्रमण को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड पर है। देखिए तस्वीरें घर-घर सर्वे और स्क्रीनिंग के निर्देशस्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रदेश के उपमुख्यमंत्री एवं लोक स्वास्थ्य व चिकित्सा शिक्षा मंत्री राजेंद्र शुक्ल शनिवार को मनासा पहुंचे। उन्होंने स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय बैठक कर बीमारी की रोकथाम और इलाज की व्यवस्थाओं की समीक्षा की। उपमुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि घर-घर सर्वे और स्क्रीनिंग में किसी भी प्रकार की लापरवाही न हो। डिप्टी सीएम ने वार्ड नंबर 15 में GBS से मृतक सोनू (पिता पुरण सोनी) के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी और पूरे मामले की जानकारी ली। इसके साथ ही उन्होंने चल रहे स्क्रीनिंग कार्य का मौके पर निरीक्षण भी किया। बीमारी के कारण और स्रोत पता कर रहेइससे पहले शुक्रवार को उज्जैन संभागायुक्त ने भी प्रभावित क्षेत्र का दौरा कर मरीजों और उनके परिजनों से बातचीत की थी। फिलहाल भोपाल और उज्जैन से आई विशेषज्ञों की टीमें मनासा में डेरा डाले हुए हैं। ये टीमें लगातार जांच, स्क्रीनिंग और सैंपल कलेक्शन कर बीमारी के कारणों और स्रोत का पता लगाने में जुटी हैं। 7 मरीजों में GBS की पुष्टि, संदिग्धों की निगरानीजिला अस्पताल के सीएमएचओ डॉ. आरके खाघौत ने बताया कि अब तक 7 मरीजों में गुलियन-बेरी सिंड्रोम की पुष्टि हो चुकी है। शेष संदिग्ध मरीजों की लगातार निगरानी की जा रही है। स्वास्थ्य विभाग की टीमें क्षेत्र में सक्रिय हैं और प्रत्येक संदिग्ध व्यक्ति की पहचान कर समय पर उपचार सुनिश्चित किया जा रहा है।
धनबाद स्थित झरिया के जोड़ापोखर थाना क्षेत्र अंतर्गत जीतपुर नुनुडीह 7 नंबर के पास देर रात एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। जामाडोबा की ओर से आ रही एक कार अचानक अनियंत्रित होकर नाले में जा गिरी। वाहन में सवार तीन लोग इस हादसे में बाल-बाल बच गए। प्राप्त जानकारी के अनुसार, कार जामाडोबा पेट्रोल पंप की तरफ से बस्ती की ओर जा रही थी। इसी दौरान अचानक वाहन का ब्रेक फेल हो गया। चालक ने गाड़ी रोकने के लिए हैंडब्रेक का भी इस्तेमाल किया, लेकिन वह भी काम नहीं किया। सामने से आ रही दूसरी गाड़ी को बचाने के प्रयास में चालक ने वाहन को राइट साइड मोड़ा, जिससे संतुलन बिगड़ गया और कार सीधे नाले में जा गिरी। कार पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हादसे के बाद स्थानीय लोगों की मदद से कार में सवार तीनों लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। घटना की सूचना मिलने के बाद प्रशासन को अवगत कराया गया। आज सुबह हाइड्रा मशीन की सहायता से नाले में गिरी कार को बाहर निकाला गया। हालांकि हादसे में कार पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई है। गनीमत रही कि किसी को गंभीर चोट नहीं आई। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
कानपुर के बिधनू में दबंगों ने गाड़ी में डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य की फोटो देखकर भाजपा ओबीसी मोर्चा कानपुर ग्रामीण जिला मंत्री से मारपीट करने के साथ गाड़ी में तोड़फोड़ की है। जिला मंत्री ने थाने पहुंचकर अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगालने के साथ आरोपियों को चिह्नित कर रही है। इसके बाद उनकी गिरफ्तारी करने की तैयारी में है। कानपुर देहात के मूसानगर निवासी प्रवण कुशवाहा उर्फ आर्या कुशवाहा भाजपा से कानपुर ग्रामीण ओबीसी मोर्चा के जिला मंत्री है। उन्होंने बिधनू थाने पहुंचकर पुलिस को दर्ज कराए मुकदमे में बताया कि वह शुक्रवार देर रात अपनी बोलेरो से कानपुर से दुकान का सामान लेकर वापस लौट रहे थे, तभी बिधनू थाना क्षेत्र के रमईपुर के पास पहुंचते ही जाम में फंस गए। तभी वह दूसरी लेन से चलने लगे। इस दौरान उन्हें दबंगों ने गाली गलौज कर दी, इसके साथ उनकी गाड़ी का साइड शीशा तोड़ दिया। उन्होंने चौराहे पर तैनात पुलिस कर्मियों को घटना की सूचना दी तो पुलिस कर्मियों ने उन्हें बिधनू थाने जाने को कहा। जिसपर वह गाड़ी लेकर बिधनू थाने के पास पहुंचे और गाड़ी में बैठकर तहरीर लिखने लगे, तभी पांच बाइकों से आए अज्ञात दबंगों ने गाड़ी में तोड़ फोड़ करने के साथ उनके साथ मारपीट की है। बिधनू थाने से महज पचास मीटर दूर कानपुर सागर हाइवे मारपीट होती रही, लेकिन आधा घंटे के बाद सूचना मिलने पर पुलिस पहुंची। तब तक आरोपी जिला मंत्री को शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी देते हुए भाग निकले। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर सीसीटीवी फुटेज खंगाल कर आरोपियों को चिह्नित कर रही है। इसके बाद आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। बिधनू थाना प्रभारी तेज बहादुर सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज किया गया है, दबंगों की शिनाख्त की जा रही है। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। एसीपी बोले- दबंगों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई घाटमपुर एसीपी कृष्णकांत यादव ने बताया कि भाजपा से कानपुर ग्रामीण ओबीसी मोर्चा के जिला मंत्री के साथ मारपीट और गाड़ी तोड़ने की सूचना मिली है, उन्होंने बिधनू थाना प्रभारी को घटना की जांच कर दबंगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए है। एसीपी ने कहा कि क्षेत्र में गुंडई बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
भारतीय किसान संघ ने केंद्र सरकार से आगामी बजट में कृषि उपकरणों पर वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) की दर शून्य करने की मांग की है। संघ के अखिल भारतीय कार्यकारिणी सदस्य एवं मार्केटिंग प्रमुख राजेंद्र पालीवाल ने झालावाड़ में आयोजित एक बैठक में यह जानकारी दी। पालीवाल ने बताया कि सरकार ने पिछले वर्ष कृषि उपयोगी बड़ी मशीनरी पर जीएसटी दर कम की थी, लेकिन किसानों के दैनिक उपयोग में आने वाले छोटे उपकरणों पर यह दर यथावत बनी हुई है। इनमें खेतों में पानी देने वाली मोनोब्लाक मोटर, ओपन वेल सबमर्सिबल पंप, उनकी एक्सेसरीज और पीवीसी पाइप जैसे उपकरण शामिल हैं, जिनके बिना खेती करना संभव नहीं है। उन्होंने स्पष्ट किया कि बड़े कृषि यंत्रों पर जीएसटी दर घटाकर 5% करने से छोटे और मझोले किसानों को कोई खास फायदा नहीं हुआ। उनके लिए दैनिक उपयोग के उपकरणों पर 18% जीएसटी दर लागू होने के कारण फसल की लागत लगातार बढ़ रही है। इसके अलावा, तांबे के भाव में अत्यधिक बढ़ोतरी से मोटर पंप जैसे कृषि उपकरणों की कीमतें और बढ़ गई हैं। किसान संघ ने यह भी बताया कि केंद्र सरकार द्वारा किसानों के लिए घोषित योजनाओं का फायदा बैंकों के अड़ियल रवैये के कारण पात्र किसानों तक नहीं पहुंच पाता। संघ ने मांग की है कि किसानों के सहयोग के लिए एक हेल्पलाइन नंबर जारी किया जाए और प्रत्येक जिले में एक समन्वय अधिकारी नियुक्त किया जाए। इसके अतिरिक्त, बैंकों द्वारा कृषि ऋण और किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) देने की प्रक्रिया को पारदर्शी बनाकर ऑनलाइन किया जाना चाहिए। पर्याप्त दस्तावेज होने के बावजूद किसानों को परेशान करने पर संबंधित बैंक अधिकारियों की जवाबदेही सुनिश्चित की जाए।
आजमगढ़ जिले के एसएसपी डॉक्टर अनिल कुमार ने आजमगढ़ जिले के 16 थानों पर तैनात 34 पुलिस कर्मियों को तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया है। इन पुलिस कर्मियों के विरुद्ध लगातार शिकायत मिल रही थी। मिल रही शिकायतों के आधार पर जब मामले की जांच कराई गई तो कई पुलिस कर्मी कदाचार में संलिप्त पाए गए। ऐसे में तत्काल इन सभी 34 पुलिस कर्मियों को पुलिस लाइन का रास्ता दिखा दिया गया। इन पुलिसकर्मियों में कुछ ऐसे पुलिसकर्मी भी हैं जो लंबे समय से थानों और पुलिस चौकियों पर जमे रहने के साथ धुआंधार बैटिंग भी कर रहे थे। जिले के एसएसपी डॉक्टर अनिल कुमार ने जिले में भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के लिए मातहतों को सख्त निर्देश भी दिया है। इससे पूर्व भी भ्रष्टाचार के आरोप में मुकदमा दर्ज करवाकर सब इंस्पेक्टर को जेल भी भेजा जा चुका है। और बड़ी संख्या में पुलिस कर्मियों को निलंबित भी किया जा चुका है। इन पुलिस कर्मियों को किया गया लाइन हाजिर आजमगढ़ जिले के एसएसपी डॉक्टर अनिल कुमार ने जिन 34 पुलिस कर्मियों को लाइन हाजिर किया है। उनमें गंभीरपुर थाने के चार पुलिसकर्मी हैं। गंभीरपुर थाने पर तैनात पुलिस कर्मियों पर पासपोर्ट के साथ-साथ छोटे-छोटे मामलों में आर्थिक अपराध की गंभीर शिकायतें मिल रही थी। गंभीरपुर थाना क्षेत्र में पासपोर्ट में खेल किए जाने का यह कोई पहला मामला सामने नहीं आया है। इससे पूर्व भी पासपोर्ट के नाम पर आर्थिक अपराध करने के मामले में सामने आ चुके है।ऐसे में थाने के चार पुलिसकर्मियों योगेंद्र मौर्य पासपोर्ट सेल, आनंद पाण्डेय, रत्नेश और सुरेश को तत्काल प्रभाव से पुलिस लाइन भेजा गया है। इसके साथ ही देवगांव कोतवाली में तैनात अनिल यादव, दिग्विजय तिवारी, दिनेश यादव और अजय पाल को भी तत्काल पुलिस लाइन भेजा गया है। जिले के मुबारकपुर में तैनात जयराम तिवारी, इजहार, प्रदीप यादव, मदन पटेल को भी पुलिस लाइन का रास्ता दिखाया गया है। इसके साथ ही पवई थाने से सज्जाद और अनुपम यादव को, दीदारगंज थाने से गुलाब यादव, राम सिंह यादव और राजेश यादव को पुलिस लाइन भेजा गया है। मेंहनगर थाने से भैय्यालाल यादव और वसीम को, बिलरियागंज थाने से विकास यादव को पुलिस लाइन भेजा गया है। इसके साथ ही महाराजगंज थाने पर तैनात जितेंद्र पांडेय, मिथिलेश पासवान , श्री नारायण यादव को भी पुलिस लाइन का रास्ता दिखाया गया है। अतरौलिया थाने पर तैनात शिवम सिंह अहिरौला थाने से आदर्श शाह और तहबरपुर थाने पर तैनात पंचदेव और प्रवीण सिंह को भी पुलिस लाइन भेजा गया है। निजामाबाद से मुलायम तो जहानागंज से हटे अखिलेश जिले के निजामाबाद थाने पर लंबे अरसे से तैनात रहे मुलायम यादव को भी पुलिस लाइन का रास्ता दिखाया गया है। वही जहानागंज थाने पर तैनात अखिलेश यादव को भी पुलिस लाइन भेजा गया है। इसके साथ ही कप्तानगंज थाने में तैनात रहे अजय कुमार चौधरी, श्रवण शुक्ल, सरायमीर थाने पर तैनात विक्रम यादव, रमेश चंद्र गौड़, रानी की सराय थाने पर तैनात सूरज कुमार पांडेय को पुलिस लाइन भेजा गया है। इस प्रकार 16 थानों से 34 पुलिस कर्मियों को लाइन हाजिर किया गया है। 19 थानों से 94 पुलिस कर्मियों का ट्रांसफर जिले के एसएसपी डॉक्टर अनिल कुमार ने लंबे समय से थानों पर तैनात पुलिस कर्मियों को दूसरे स्थान पर स्थानांतरित किया है। इस प्रकार 19 स्थान से 94 पुलिसकर्मियों को स्थानांतरित किया गया है। स्थानांतरित होने वाले सिधारी थाने से 16 पुलिस कर्मियों को, बरदह थाने से दो पुलिस कर्मियों को, फूलपुर थाने से दो, जीयनपुर थाने से 4 कोतवाली से 10 और रानी की सराय थाने से 16 पुलिस कर्मियों को स्थानांतरित किया गया है। इसके साथ ही कंधरापुर थाने से 10, मुबारकपुर थाने से 9, जहानागंज थाने से दो, बिलरियागंज थाने से चार, रौनापार थाने से पांच, अतरौलिया थाने से तीन और महाराजगंज थाने से तीन पुलिस कर्मियों को स्थानांतरित किया गया है। इसके साथ ही सरायमीर थाने से दो पवई, तहबरपुर, देवगांव गंभीरपुर से एक-एक पुलिस कर्मियों को जिले के दूसरे स्थान पर भेजा गया है। ऐसे में जिले की कानून व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए 19 थानों से 94 पुलिस कर्मियों को स्थानांतरित किया गया है। बरदह थाने के अजीत की भी शिकायतें आजमगढ़ जिले के बरदह थाने पर पासपोर्ट देख रहे अजीत कुशवाहा पर भी पासपोर्ट के नाम पर आर्थिक अपराध करने की लगातार शिकायतें मिल रही हैं। अजीत कुशवाहा लंबे समय से थाने पर तैनात है।
देवास में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इंदौर के भागीरथपुरा में हुई घटना और पानी की गुणवत्ता के आंकड़ों को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। स्थानीय मंडूक पुष्कर तालाब के समीप दो घंटे तक धरना दिया गया, जिसमें कांग्रेस पदाधिकारियों ने जिम्मेदारों पर कार्रवाई और पीड़ितों को न्याय दिलाने की मांग की। कांग्रेस जिलाध्यक्ष मनीष चौधरी ने बताया कि इंदौर के भागीरथपुरा में हुई घटना के संदर्भ में यह धरना दिया गया था। उन्होंने मांग की कि घटना के लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई हो, पीड़ितों को न्याय मिले और उन्हें एक करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाए। उन्होंने यह भी बताया कि राहुल गांधी पीड़ितों से मिलने पहुंचे हैं। शहर अध्यक्ष प्रयास गौतम ने कहा कि इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित जल के कारण लगभग दो दर्जन लोगों की मौत हुई है। प्रदेश कांग्रेस कमेटी लगातार प्रशासन को जगाने का प्रयास कर रही है। उन्होंने इस बड़ी चूक के लिए जिम्मेदारों को सजा देने की मांग की और पूरी सरकार को इसके लिए जिम्मेदार ठहराया। गौतम ने सवाल उठाया कि जो इंदौर शहर स्वच्छता में देश में नंबर वन आता है, यदि वह शुद्ध पानी नहीं पिला पा रहा है, तो क्या उसे 'दो नंबर' तरीके से स्वच्छ शहर बनाया गया है? उन्होंने कहा कि इस धरने और विरोध प्रदर्शन के माध्यम से वे 'सोई हुई सरकार' को जगाने की कोशिश कर रहे हैं। इस दौरान कांग्रेस पार्टी के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद थे।
कोटा में तेज रफ्तार बोलेरो पलटी, 13 घायल:ओवरटेक करते समय हादसा, खान पर मजदूरी करने जा रहे थे सभी
कोटा जिले के सुकेत थाना क्षेत्र के हिरिया खेड़ी स्थित फोरलेन पर शनिवार सुबह तेज रफ्तार बोलेरो अन बैलेंस होकर पलट गई। हादसे में 13 मजदूर घायल हुए हैं। राहगीरों ने बोलेरो में फंसे लोगों को बाहर निकाला। उन्होंने पुलिस और एंबुलेंस को सूचना दी। सभी घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर रूप से घायल मजदूरों को झालावाड़ जिला अस्पताल रेफर किया गया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, क्षतिग्रस्त वाहनों को सड़क से हटवाकर यातायात सुचारु कराया। खान में मजदूरी करने जा रहे थे प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार दुर्घटना सुबह करीब 11:30 बजे हुई। बोलेरो में सवार सभी मजदूर सुकेत से चेचट में खान में मजदूरी के लिए जा रहे थे। बोलेरो का साफ्ट नीचे लटक रहा था। अचानक से साफ्ट रोड़ पर टच हो गया। उसी समय ड्राइवर ओवर टेक कर रहा था। इस कारण गाड़ी अन बैलेंस होकर पलट गई। सुकेत थाना ASI झाबर सिंह ने बताया की बोलेरो पुराने मॉडल की है। गाड़ी में बैठकर लोग खान पर मजदूरी के लिए जा रहे थे। रास्ते में ब्रेक नहीं लगने से गाड़ी अन बैलेंस होकर पलट गई। एक मजदूर गंभीर घायल हुआ है। बाकी को हल्की चोटें आई हैं। सभी मजदूर सुकेत से चेचट जा रहे थे।
इंदौर में दूषित जल से हुई मौतों के विरोध में शनिवार को उज्जैन के टावर चौक पर डॉ भीमराव अम्बेडकर की प्रतिमा के पास कांग्रेसी उपवास पर बैठे। इस दौरान बड़ी संख्या में कांग्रेसी ने मौन धारण कर प्रदर्शन किया। दूषित पानी से हुई मौतों को लेकर राहुल गांधी इंदौर में मृतकों के परिजन और अस्पताल में भर्ती मरीजों से मिलने पहुंचे। इधर पानी की गुणवत्ता को लेकर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देशानुसार उज्जैन जिला कांग्रेस एवं शहर कांग्रेस कमेटी का संयुक्त रूप में एक दिवसीय उपवास शनिवार को 11 बजे से शुरू हुआ जो की शाम 4 बजे तक टॉवर चौक स्थित बाबा साहेब अंबेडकर जी की प्रतिमा के पास किया जाएगा। शहर कांग्रेस अध्यक्ष मुकेश भाटी ने बताया कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी इस दौरान पीड़ितों से मिलने इंदौर पहुंचे हैं। इसी विषय को लेकर उज्जैन में कांग्रेसी सामूहिक उपवास कर रहे है। कांग्रेस के अजित सिंह, नेता प्रतिपक्ष रवि राय, सहित शहर एवं जिले के सभी वरिष्ठ कांग्रेस जन, सेवा दल, महिला कांग्रेस, यूथ कांग्रेस, एन एस यू आई, ब्लॉक अध्यक्ष, ब्लॉक प्रभारी, आई टी सेल, सभी पार्षद गण, सभी प्रकोष्ठ, मंडलम, सेक्टर अध्यक्ष, सहित कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
भारतीय किसान संघ के अखिल भारतीय जैविक प्रमुख पद्मश्री हुकम पाटीदार ने हाल ही में खरगोन जिले का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने ग्राम और जिला समिति की बैठकों में भाग लिया। उन्होंने जिले में बड़े पैमाने पर हो रही रासायनिक खेती पर चिंता व्यक्त की और कृषि नीति के अभाव को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। जिला बैठक में पाटीदार ने कहा कि सरकार विभिन्न क्षेत्रों जैसे शिक्षा, व्यापार और राजनीति के लिए नीतियां बना रही है, लेकिन कृषि क्षेत्र के लिए कोई स्पष्ट नीति नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि कृषि संबंधी निर्णय 'एसी के बंद कमरों' में लिए जा रहे हैं, जिससे किसानों की जमीनी समस्याओं की अनदेखी हो रही है। उन्होंने किसान प्रतिनिधियों से जैविक खेती को बढ़ावा देने का आग्रह किया ताकि कृषि को बचाया जा सके। इसके साथ ही, उन्होंने गांव स्तर पर संगठन के विस्तार और मासिक रूप से नियमित बैठकें आयोजित करने पर भी चर्चा की। पाटीदार ने खरगोन जिले की कृषि प्रधान समस्याओं को समझने का प्रयास किया। उन्होंने खाद और बीज की उपलब्धता, भारतीय कपास निगम द्वारा खरीदी की स्थिति और सिंचाई परियोजनाओं के बारे में जानकारी ली। किसान प्रतिनिधियों ने उन्हें योजनाओं के क्रियान्वयन में देरी और अनियमितताओं से अवगत कराया। इस अवसर पर प्रदेश उपाध्यक्ष दिनेश पाटीदार, रेवाराम भायडिया, धर्मचंद गुर्जर, प्रांतीय वाहिनी संयोजक श्यामसिंह पवार, जिलाध्यक्ष सदाशिव पाटीदार, सीताराम पाटीदार, वासुदेव चौधरी, जगदीश पाटीदार, मुकेश पटेल सहित कई जिला व तहसील पदाधिकारी मौजूद थे। पाटीदार ने पांच ग्राम समितियों में भारतीय किसान संघ के बोर्ड का लोकार्पण भी किया। इस दौरान किसान प्रतिनिधियों ने जगह-जगह उनका स्वागत किया।
भागीरथपुरा मामले पर कांग्रेस का उपवास विरोध:शाजापुर बस स्टैंड पर प्रदर्शन कर न्याय की मांग
शाजापुर जिले में शनिवार को कांग्रेस ने बस स्टैंड पर उपवास कर विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन इंदौर के भागीरथपुरा क्षेत्र में दूषित पानी से हुई मौतों के पीड़ितों को न्याय दिलाने की मांग को लेकर किया गया। इस विरोध प्रदर्शन में जिले के कांग्रेस कार्यकर्ता, पदाधिकारी और शाजापुर ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष सहित बड़ी संख्या में पार्टी सदस्य शामिल हुए। प्रदर्शन स्थल पर महात्मा गांधी का बैनर लगाया गया था, जिस पर उपवास लिखा था। कार्यकर्ताओं ने मनरेगा बचाओ, देश बचाओ और भागीरथपुरा की जनता को न्याय दो जैसे नारे लिखे पोस्टर हाथों में लेकर शांतिपूर्वक प्रदर्शन किया। इस अवसर पर कांग्रेस जिला अध्यक्ष नरेश्वर सिंह प्रताप ने मीडिया से बात करते हुए बताया कि यह उपवास विरोध प्रदर्शन मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देश पर शाजापुर जिला मुख्यालय पर आयोजित किया गया है। उन्होंने कहा कि इंदौर के भागीरथपुरा क्षेत्र में दूषित पानी पीने से हुई मौतों के मामले में पीड़ित परिवारों को अब तक न्याय नहीं मिला है। नरेश्वर सिंह प्रताप ने आरोप लगाया कि इस गंभीर घटना के लिए जिम्मेदार जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों पर अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। उन्होंने कहा कि इंदौर में भाजपा के जनप्रतिनिधि होने के बावजूद दूषित पानी से लोगों की जान जाना चिंताजनक है। कांग्रेस ने मृतकों की आत्मा की शांति और पीड़ितों को न्याय दिलाने की मांग को लेकर यह उपवास विरोध प्रदर्शन किया।
करौली में गणतंत्र दिवस और आगामी मेलों-त्योहारों को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से शनिवार को जिला कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्तरीय शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला कलेक्टर नीलाभ सक्सेना ने की। इसमें प्रशासन, पुलिस और शांति समिति के सदस्यों ने कानून-व्यवस्था, जनसमस्याओं और सुरक्षा इंतजामों पर अपने सुझाव व सवाल रखे। बैठक के दौरान शांति समिति सदस्य धर्म मीना ने वाहनों पर ब्लैक फिल्म के इस्तेमाल और नए अस्पताल में पुलिस चौकी खोलने का मुद्दा उठाया। इस पर पुलिस अधीक्षक लोकेश सोनवाल ने बताया कि एक-दो दिन में स्थान चिह्नित कर अस्पताल परिसर में चौकी स्थापित कर दी जाएगी। शहर में भवन सीज करने, खरेटा रोड स्थित बूचड़खाने, मोहन नगर क्षेत्र में शहर के मध्य चल रहे बूचड़खाने और नीम का बाजार में बार-बार बंद कराने के बावजूद दोबारा शुरू होने की शिकायतें भी सामने आईं। सोशल मीडिया पर भ्रामक सूचनाओं के प्रसार को रोकने के लिए निगरानी बढ़ाने की बात भी कही गई। एडवोकेट गजेंद्र शर्मा ने शहर की गलियों में जाम, यातायात पुलिस की निष्क्रियता, होमगार्ड की तैनाती और मदनमोहन मंदिर गेट के बाहर गार्ड लगाने की मांग की। मासलपुर में अन्नपूर्णा रसोई खोलने, महावीरजी थाना दानालपुर क्षेत्र में जुआ-ताश खेलने की शिकायत और जल जीवन मिशन के तहत मासलपुर मिश्रपड़ा गांव में गंदे पानी की समस्या पर भी चर्चा हुई। अधिवक्ता उद्यो सिंह ने हिंडौन में बेसहारा सांड, बंदर और कुत्तों की बढ़ती समस्या तथा श्रीमहावीरजी के सिद्धार्थ रिसॉर्ट क्षेत्र में पुलिस बल बढ़ाने की मांग रखी। जिला कलेक्टर नीलाभ सक्सेना ने सभी मुद्दों पर संबंधित विभागों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि गणतंत्र दिवस और मेलों-त्योहारों के दौरान शांति, सौहार्द और सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। बैठक में एडीएम हेमराज परिड़वाल, सीईओ शिवचरण मीना, एसडीएम प्रेमराज मीना, डिप्टी एसपी अनुज शुभम, कोतवाल अध्यात्म गौतम सहित शांति समिति के पदाधिकारी और पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।
सात साल की बच्ची से रेप के मामले में गुजरात की राजकोट कोर्ट ने आलीराजपुर (मप्र) के युवक को फांसी की सजा सुनाई है। रेप के बाद युवक ने बच्ची के प्राइवेट पार्ट में 5 इंच लंबी रॉड डाल दी थी। वारदात बीते साल 4 दिसंबर को हुई। पुलिस ने शक के आधार पर आरोपी को गिरफ्तार किया और 4 दिनों में 8 दिसंबर को आरोपी के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी। 12 जनवरी 2026 को अदालत ने अपना फैसला सुनाते हुए आरोपी को दोषी करार दिया। इसके बाद राजकोट की विशेष अदालत को 15 जनवरी को सजा सुनानी थी, लेकिन तारीख बदलकर 17 जनवरी कर दी गई। आज शनिवार को विशेष अदालत के न्यायाधीश वीए. राणा साहब ने आरोपी राम सिंह तेर सिंह दुडवा (उम्र 30) के खिलाफ अंतिम फैसला देते हुए मौत की सजा सुनाई। अब सिलसिलेवार तरीके से जानिए पूरा घटनाक्रम 4 दिसंबर को बच्ची के साथ रेप हुआ था 4 दिसंबर 2025 को दोपहर 12 बजे राजकोट जिले के अटकोट के पास कानपार गांव में पीड़िता अपने भाई-बहनों के साथ खेल रही थी। आरोपी रामसिंह तेरसिंह मोटरसाइकिल पर आया और पीड़िता को उठाकर एक पेड़ के पास ले गया। बच्ची के गुप्तांगों में 5 इंच की लोहे की छड़ डालकर उसके साथ बलात्कार किया। बच्ची की चीखें सुनकर बगल के कमरे में मौजूद उसकी चाची दौड़कर आई, जबकि आरोपी रामसिंह मौके से फरार हो गया। बच्ची की गंभीर हालत और ज्यादा खून बहता देख चाची ने तुरंत बच्ची के पिता को बुलाया और उसे एम्बुलेंस से कानपार गांव के सरकारी अस्पताल ले गईं। बड़ी मुश्किल से बची बच्ची की जान बच्ची की हालत बेहद गंभीर होने के कारण उसे उचित इलाज के लिए जसदान सरकारी अस्पताल ले जाया गया और वहां से रात 9 बजे उसे इलाज के लिए राजकोट जनाना अस्पताल में भेज दिया गया। इस दौरान ज्यादा खून बहने के कारण लड़की का ऑपरेशन किया जा सकता है या नहीं, इसके लिए रेडियोलॉजिस्ट और एक स्त्री रोग विशेषज्ञ की राय ली गई। डॉक्टर्स ने बड़ी मशक्कत से बच्ची की जान बचाई। इसी दौरान लड़की के पिता ने पुलिस को घटना की सूचना दी, लेकिन चूंकि किसी ने भी आरोपी को नहीं देखा था, इसलिए प्रारंभिक जांच की गई। 8 दिसंबर को पुलिस ने शक के आधार पर रामसिंह को गिरफ्तार किया 8 दिसंबर 2025 को आरोपी रामसिंह को संदेह के आधार पर गिरफ्तार किया गया और पुलिस हिरासत के दौरान ही कानपार गांव में एक पेड़ के नीचे से खून से सनी एक लोहे की छड़ बरामद की। इसके अलावा जांच के लिए एक FSL अधिकारी को घटनास्थल पर बुलाया गया। वहां से आरोपी के सिर के कुछ बाल बरामद किए गए। इन सभी वस्तुओं को जांच के लिए भेजा गया और DNA टेस्ट से पता चला कि मौके से मिले बाल आरोपी के ही थे। साथ ही, लोहे की छड़ पर लगा खून भी लड़की का ही था। आरोपी के खिलाफ 11 दिनों में चार्जशीट दाखिल की गई जांच के दौरान आरोपी का मोबाइल फोन जब्त किया गया। सीडीआर से पता चला कि वारदात के दौरान आरोपी कानपार गांव के इलाके में मौजूद था। जांच अधिकारी ने मात्र 11 दिनों में पूरी पुलिस जांच निपटाकर आरोपपत्र दाखिल कर दिया। इसी दौरान, लड़की के पिता ने अदालत को एक विस्तृत पत्र लिखकर अनुरोध किया कि उनकी बेटी को इस हालत में पहुंचाने वाले आरोपी को कड़ी सजा दी जाए। .................................................. यह खबर भी पढ़ें... रेप के आरोपी का एनकाउंटर, दोनों पैरों में गोली मारी गुजरात के राजकोट जिले के आटकोट क्षेत्र में 6 साल की बच्ची से दुष्कर्म के आरोपी का पुलिस ने एनकाउंटर किया है। आरोपी ने रिमांड के दौरान पुलिस पर धारदार हथियार से हमला कर दिया था। पुलिस ने आरोपी के दोनों पैरों में गोली मारी। उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पढ़ें पूरी खबर
'मेरा बेटा इकलौता था। उसे खोने का गम अब जिंदगीभर सालता रहेगा। उसका व्यापार ठीक चल रहा था। पता नहीं उसने ऐसा क्यों कर लिया...' यह कहते हुए पिता कमलाशंकर रो पड़ते हैं। उन्हें पास ही बैठे जीजा ने संभाला। कमलाशंकर के बेटे प्रद्युम्न पाठक ने 15 जनवरी को खुद को गोली मार ली थी। वह इकलौता बेटा था। प्रद्युम्न की 5 साल पहले शादी हुई थी, अब तक कोई संतान भी नहीं थी। .... के साथ उनकी बहू यानी प्रद्युम्न की पत्नी भी पोस्टमॉर्टम हाउस पहुंची। पिता तो कुछ बोलकर रोने लगे। पत्नी के आंसू सूख चुके थे। वह बेजान होकर पीएम हाउस की कुर्सी पर गुमसुम बैठी रही। कुछ भी बोलने की स्थिति में नहीं थी। पढ़िए पूरा मामला... सीने में मारी गोली, पास में पड़ी मिली रिवॉल्वर घटना विकासनगर सेक्टर-एल की है। यहां 15 जनवरी को जौनपुर के युवक प्रद्युम्न पाठक ने सुसाइड कर लिया था। पुलिस ने बताया- शाम को डायल 112 पर सूचना मिली कि व्यक्ति ने कमरा बंद कर रखा है। सूचना पर तत्काल थाना विकासनगर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस टीम दरवाजे को तोड़कर अंदर गई, तो युवक बिस्तर पर बेसुध पड़ा था। उसके सीने से खून निकल रहा था। पास ही अवैध रिवॉल्वर पड़ी थी। युवक को तत्काल इलाज के लिए हॉस्पिटल भेजा गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस पूछताछ में सामने आया कि प्रद्युम्न पहले मुंबई में रहता था। वह खुद की शासन-प्रशासन में पकड़ बताकर सरकारी विभाग में नौकरी लगवाने के नाम पर कई लोगों से रुपए ले चुका था। अपने रूम पार्टनर दिव्यांशु से भी पुलिस विभाग में नौकरी लगवाने के लिए करीब डेढ़ लाख रुपए लिए थे। पिता मुंबई बड़े बिल्डर मॉर्च्युरी पहुंचे परिजनों ने बताया कि प्रद्युम्न के पिता मुंबई में बिल्डर हैं। पूरा परिवार वहीं रहता है। प्रद्युम्न भी जौनपुर से पढ़ाई पूरी करने के बाद मुंबई चला गया था। वहां से करीब एक साल पहले लखनऊ आया। यहां पर दवा का कारोबार करने लगा। प्रद्युम्न की शादी करीब पांच साल पहले हो गई थी लेकिन कोई संतान नहीं थी। पत्नी कुर्सी पर गुमसुम बैठी रही शुक्रवार को पिता और पत्नी पोस्टमॉर्टम हाउस पहुंचे। पत्नी एक किनारे कुर्सी पर गुमसुम बैठी रही। किसी से कोई बातचीत नहीं की। सिर्फ आंख से आंसू निकलते रहे। मॉर्च्युरी पहुंचे परिजन सिर्फ यही बात करते रहे आखिर ऐसा क्यों किया। उन्होंने पैसे के लेनदेन का संदेह भी जताया। उनका कहना था कि किसी से लाखों रुपए लेने थे। वहीं रिवॉल्वर कहां से आई? इन सब चीजों की जांच होनी चाहिए। फिलहाल अभी तहरीर नहीं दी है। ACP बोले- सीडीआर की जांच हाेगी एसीपी गाजीपुर अनिंद्य विक्रम सिंह ने बताया कि घटनास्थल से रिवाल्वर, मोबाइल फोन समेत अन्य जरूरी साक्ष्य कब्जे में ले लिए गए हैं। कॉल डिटेल निकलवाकर जांच की जाएगी। मृतक शादीशुदा था और उसकी पत्नी और एक बच्चा है। परिजनों के आने के बाद आगे की कार्रवाई होगी। रूममेट बोला- आवाज लगाई, खिड़की से पानी डाला रूममेट दिव्यांशु ने बताया- मैं 2 महीने से प्रद्युम्न के साथ रह रहा था। गोमती नगर के पत्रकार पुरम कुछ काम से गया था। वापस लौटकर आया तो कमरा अंदर से बंद था। काफी देर तक दरवाजा खटखटाया। कॉल भी किया, लेकिन अंदर से कोई रिस्पांस नहीं मिला। इस पर खिड़की से प्रद्युम्न के बिस्तर की ओर पानी भी डाला, लेकिन कोई हलचल नहीं हुई। इसके बाद पुलिस को सूचना दी। प्रद्युम्न ने सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर कई लोगों से रुपए लिए थे। सुबह से शाम तक उसके पास देनदारों के फोन आते थे। नौकरी न मिलने पर लोग उससे पैसे मांग रहे थे। इसी बात को लेकर वह काफी दिनों से तनाव में था। ------------------------------- संबंधित खबर भी पढ़िए... लखनऊ में युवक ने खुद को गोली मारकर जान दी : सरकारी नौकरी के नाम पर लाखों ठगे, रूममेट से भी लिए थे पैसे लखनऊ में सरकारी नौकरी के नाम पर लाखों ठगने वाले युवक ने खुद को गोली मारकर जान दे दी। उसका खून से लथपथ शव किराए के कमरे में मिला। रूममेट जब वहां पहुंचा, तो दरवाजा अंदर से बंद था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने दरवाजा तोड़ा तो बिस्तर पर उसका खून से लथपथ शव पड़ा था। शॉल हटाकर देखा तो सीने से खून बह रहा था। पास में ही रिवाल्वर पड़ी थी। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा।घटना गुरुवार रात करीब 8 बजे की विकास नगर सेक्टर- L की है। (पूरी खबर पढ़िए)
गिरिडीह में तिसरी-गिरिडीह मुख्य मार्ग पर शनिवार को एक बड़ा सड़क हादसा टल गया। तीसरी थाना क्षेत्र के थम्भाचक स्थित चकलमुंडा मोड़ के पास एक इलेक्ट्रिक ऑटो अनियंत्रित होकर पुलिया से करीब आठ फुट गहरे गड्ढे में जा गिरी। इस दुर्घटना में ऑटो चालक सुरक्षित बच गया। ऑटो में लदा सामान झाड़ियों में बिखर गया जानकारी के अनुसार, तिसरी निवासी दिलीप बर्णवाल अपनी इलेक्ट्रिक ऑटो में दुकान का सामान लोड कर खिजुरी की ओर जा रहे थे। पुलिया के पास अचानक सामने आए मवेशी को बचाने के प्रयास में ऑटो का संतुलन बिगड़ गया। अनियंत्रित ऑटो गार्डवाल को पार करते हुए नीचे गड्ढे में स्थित एक पेड़ से टकराकर पलट गई। हादसे के बाद ऑटो में लदा सामान झाड़ियों में बिखर गया। घटना की सूचना मिलते ही आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। उन्होंने चालक को बाहर निकालकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया। बाद में स्थानीय लोगों की मदद से बिखरे सामान को इकट्ठा कर दूसरी गाड़ी में लोड कराया गया। दुर्घटना में इलेक्ट्रिक ऑटो क्षतिग्रस्त हो गई। इस घटना के बाद कुछ समय के लिए सड़क पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से इस मार्ग पर सुरक्षा व्यवस्था बेहतर करने और मवेशियों की आवाजाही पर नियंत्रण के लिए आवश्यक कदम उठाने की मांग की है।
आगर मालवा में शनिवार को हिंदू महासम्मेलन का आगाज हुआ। इस अवसर पर शहर में कलश यात्रा निकाली गई, जिसमें सैकड़ों महिलाओं ने सिर पर मंगल कलश धारण कर भाग लिया। यात्रा के दौरान पूरा शहर 'जय श्री राम' के उद्घोष से गूंज उठा। कलश यात्रा का मुख्य आकर्षण बालिकाओं का सजीव चित्रण रहा। बालिकाएं घोड़े पर सवार होकर झांसी की रानी, भारत माता और काशी बाई के स्वरूप में दिखीं। पारंपरिक वेशभूषा में सजी इन बालिकाओं के साथ लोगों ने सेल्फी ली और उन पर पुष्प वर्षा की। माधव बस्ती में महाआरती के साथ समापन कलश यात्रा सुबह 10 बजे कमल कुंडी परिसर से विधि-विधान के साथ शुरू हुई। यह यात्रा शहर के प्रमुख व्यापारिक क्षेत्रों जैसे सरकारवाड़ा, सराफा बाजार, गोपाल मंदिर और झंडा चौक से गुजरी। अंत में, माधव बस्ती (छोटा झीन) पहुंचकर महाआरती के साथ इसका विधिवत समापन हुआ। यात्रा के दौरान बैंड-बाजों की धार्मिक धुनों पर युवाओं और महिलाओं में उत्साह देखा गया। हिंदू समाज के विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी और गणमान्य नागरिक भी इस आयोजन में शामिल हुए। महासम्मेलन की पूर्व संध्या पर निकली इस यात्रा ने नगर में धार्मिक माहौल निर्मित किया।
डीडवाना-कुचामन पुलिस ने अपहरण और रेप के एक गंभीर मामले में प्रभावी कार्रवाई करते हुए फरार आरोपी बलवीर कुमार को गिरफ्तार किया है। आरोपी को हिरासत में लेकर गिरफ्तार किया गया। पुलिस के अनुसार, पीड़िता ने 2 दिसंबर 2025 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें बताया गया कि 31 मई 2025 की रात आरोपी उसे शादी का झांसा देकर घर से भगा ले गया था। आरोपी पीड़िता को पहले सीकर के एक होटल ले गया। इसके बाद लोसल, महाराष्ट्र के नागपुर और जयपुर सहित विभिन्न स्थानों पर किराए के कमरों में रखा। इस दौरान आरोपी ने पीड़िता के साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए और मारपीट भी की। जब पीड़िता ने शादी की बात कही, तो आरोपी ने उसके साथ मारपीट की और उसे जयपुर के भांकरोटा क्षेत्र में छोड़कर फरार हो गया। इस संबंध में चितावा पुलिस थाने में प्रकरण दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया गया था। पुलिस अधीक्षक ऋचा तोमर (आईपीएस) के निर्देश पर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कुचामन सिटी विमल नेहरा (आरपीएस) और वृताधिकारी कुचामन मुकेश चौधरी (आरपीएस) के सुपरविजन में यह कार्रवाई की गई। थानाधिकारी तेजाराम (पु.नि.) के नेतृत्व में गठित टीम ने लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी को दबोचने में सफलता हासिल की। पुलिस प्रशासन ने इस कार्रवाई में शामिल टीम के विशेष योगदान की सराहना की है। आरोपी से गहन पूछताछ की जा रही है और आगे की विधिक कार्रवाई जारी है।
भारत की इंटेलिजेंस एजेंसियों ने गणतंत्र दिवस से पहले दिल्ली में आतंकी हमले को लेकर अलर्ट जारी किया है। न्यूज एजेंसी ANI के अनुसार, इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) से जुड़े सूत्रों ने बताया है कि प्रतिबंधित खालिस्तानी और बांग्लादेश के आतंकी संगठन दिल्ली समेत देश के कई शहरों को निशाना बनाने की कोशिश कर सकते हैं। सूत्रों ने बताया कि पंजाब के कुछ गैंगस्टर विदेश से संचालित खालिस्तानी और कट्टरपंथी हैंडलरों के लिए 'फुट सोल्जर' की भूमिका निभा रहे हैं। ये हैंडलर अपने एजेंडे को आगे बढ़ाने और भारत की आंतरिक सुरक्षा को बाधित करने के लिए क्रिमिनल नेटवर्क का इस्तेमाल कर रहे हैं। अलर्ट के मुताबिक, ये गैंगस्टर हरियाणा, दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश और राजस्थान में एक्टिव हैं और धीरे-धीरे खालिस्तानी आतंकी संगठनों से संपर्क बढ़ा रहे हैं। दिल्ली में 10 नवंबर, 2025 को लाल किला के पास एक कार में आत्मघाती आतंकी हमला हुआ था, जिसमें 15 लोगों की मौत हुई थी। दिल्ली के अहम इलाकों में मॉक ड्रिल हुआ इधर, 26 जनवरी को दिल्ली में इंडिया गेट के सामने कर्तव्य पथ पर होने वाली गणतंत्र दिवस परेड से पहले नॉर्थ डिस्ट्रिक्ट पुलिस ने संवेदनशील और भीड़भाड़ वाले इलाकों में मॉक ड्रिल की। इससे पहले रेड फोर्ट, ISBT कश्मीरी गेट, चांदनी चौक, मेट्रो स्टेशनों पर भी मॉक ड्रिल की गईं। इनका उद्देश्य आतंक हमलों को रोकने की तैयारियों की जांच और संबंधित एजेंसियों, आम लोगों को सतर्क करना था। 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस परेड में कर्तव्य पथ पर कम से कम 30 झांकियां निकलेंगी। ये झांकियां ‘स्वतंत्रता का मंत्र-वंदे मातरम्’ और ‘समृद्धि का मंत्र-आत्मनिर्भर भारत’ थीम पर आधारित होंगी।
स्कूल की दूसरी मंजिल से गिरकर छात्रा की मौत के मामले में परिजनों ने स्कूल प्रशासन पर आरोप लगाएं हैं। परिजनों ने कहा- जब हमने छात्रा की तबीयत खराब होने का हवाला देकर परिवार के एक सदस्य को उसके साथ रहने की गुजारिश की तो स्कूल स्टाफ ने मना कर दिया था। आरोप है कि परिजनों से स्कूल स्टाफ ने कहा- हमारा सिस्टम हमारे हिसाब से चलेगा। प्रैक्टिकल नहीं दिया तो भविष्य खराब हो जाएगा। मामला श्रीगंगानगर के एसडी गर्ल्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल शुक्रवार शाम का था। श्रीगंगानगर के कोतवाली थाना SHO ने कहा- 12वीं मेडिकल साइंस की छात्रा रमनदीप के स्कूल के दूसरे फ्लोर से गिरने के मामले में जांच जारी है। परिजनों ने स्कूल के प्रिंसिपल कमलेश कटारिया, स्टाफ कृष्ण वर्मा और टीचर किरण के खिलाफ कोतवाली थाने में मुकदमा दर्ज करने की शिकायत दी है। CCTV खंगाल रहे हैं। 'ऊंचाई से डरती थी, छत पर भी नहीं जाती थी' छात्रा के पिता विजय कुमार ने शिकायत में बताया- रमनदीप को ऊंचाई से डर लगता था और वह छत पर भी नहीं जाती थी। उसकी तबीयत कई दिनों से खराब चल रही थी। 8 जनवरी को हमने स्कूल स्टाफ से रिक्वेस्ट की थी कि छात्रा के प्रैक्टिकल के दौरान परिवार के किसी सदस्य को साथ रहने दिया जाए। लेकिन स्कूल स्टाफ ने मना कर दिया। स्कूल स्टाफ ने कहा- हमारा सिस्टम आपके हिसाब से नहीं चलेगा। इसके बाद जबरन 11,960 रुपए फीस जमा करवाई गई, जिसमें से 4 हजार की रसीद भी नहीं दी गई। जबरन एग्जाम के लिए सेकेंड फ्लोर पर ले गए विजय कुमार ने बताया- 14 जनवरी को फिजिक्स का पेपर था। पत्नी देवकी साथ गईं, लेकिन रमनदीप को जबरदस्ती एग्जाम देने दूसरी मंजिल पर ले जाया गया जहां वह बेहोश हो गई। इसके बाद उसे मुश्किल से नीचे लाया गया और दवाई दी गई। इसके बाद फिर से प्रैक्टिकल के लिए वापस ऊपर ले जाने की कोशिश की गई। जब हमने इसका विरोध किया तो प्रिंसिपल ने कहा- प्रैक्टिकल नहीं दिया तो रिजल्ट खराब होगा, स्कूल की बदनामी होगी। टीसी कटवाकर घर ले जाओ। लैब से निकलते ही गिरी पिता ने बताया- 16 जनवरी को फिर से बायोलॉजी प्रैक्टिकल के लिए फिर दबाव डाला गया। जिसके बाद रमनदीप को तबीयत खराब होने के बावजूद दूसरी मंजिल पर ले जाया गया। प्रैक्टिकल पूरा कर लैब से निकलते ही रमनदीप को चक्कर आया और वह सीढ़ियों बालकनी से नीचे ग्राउंड फ्लोर पर गिर गई। जिसे पत्नी और भांजे ने देखा और शोर मचाया। रमनदीप को तुरंत अर्पण हॉस्पिटल लेकर जाया गया जहां से उसे सरकारी अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। स्कूल की जिद के कारण बेटी की मौत हुई परिजनों का कहना है कि छात्रा की मौत स्कूल स्टाफ की लापरवाही और जिद के कारण हुई है। वे लगातार ऊपर ले जाने पर अड़े रहे, जबकि स्वास्थ्य खराब होने की बार-बार जानकारी दी गई थी। छात्रा का शव अभी सरकारी हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी में है। अभी तक पोस्टमॉर्टम नहीं हो पाया। हादसे की ये खबर भी पढ़ें… परीक्षा देकर निकली स्टूडेंट स्कूल में दूसरी मंजिल से गिरी,मौत:12वीं की छात्रा की तबीयत खराब थी, मां-भाई भी साथ आए थे शिक्षामंत्री ने कहा- परिणाम भुगतेंगे जांच बाधित करने वाले:नीरजा मोदी स्कूल में छात्रा की मौत पर दिखाई सख्ती, बोले- एनओसी-मान्यता की चल रही जांच नीरजा मोदी स्कूल में 4th फ्लोर से कूदी छात्रा,मौत, VIDEO:पसलियां टूटी; स्कूल प्रबंधन ने सबूत मिटाए, पिता ने FIR दर्ज कराई जयपुर के DEO बोले-नीरजा मोदी स्कूल की मान्यता रद्द होगी:बच्ची की मौत; शिक्षामंत्री की टीम दरवाजा पीटती रही, न प्रिंसिपल मिली, न कोई अधिकारी
मऊगंज थाना क्षेत्र के पथरिया मोड़ पर एक तेज रफ्तार ट्रक ने बाइक को टक्कर मार दी। हादसे में बाइक सवार युवक की मौके पर ही मौत हो गई है। घटना शनिवार सुबह 11 बजे की है। दरअसल, तेज रफ्तार ट्रक की टक्कर से युवक दो ट्रकों के बीच फंस गया, जिससे उसकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। पुलिस को सूचना मिलते ही वह मौके पर पहुंची और शव को सिविल अस्पताल मऊगंज भिजवाया। मेडिकल स्टोर पर काम करता था मृतक मृतक की पहचान डगडौआ निवासी रमेश साकेत के रूप में हुई है। रमेश मऊगंज में एक मेडिकल स्टोर में काम करता था। वह अपनी बाइक से मऊगंज से अपने गांव डगडौआ जा रहा था। जैसे ही रमेश पथरिहा मोड़ के पास पहुंचा, रीवा से बनारस की ओर जा रहे एक तेज रफ्तार ट्रक ने उसे टक्कर मार दी। सड़क पर पहले से खड़े एक अन्य ट्रक के कारण बाइक सवार रमेश दोनों वाहनों के बीच फंस गया। पीएम के लिए सिविल अस्पताल भेजा गया शव सूचना मिलने पर मऊगंज पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए सिविल अस्पताल भेजा और मामले की जांच शुरू कर दी है। देवतालाब से मऊगंज के बीच हाईवे निर्माण कार्य चल रहा है, जिसके कारण एक साइड से ही आवाजाही जारी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस वजह से आए दिन हादसे हो रहे हैं। उन्होंने निर्माण एजेंसी और प्रशासन से सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने और यातायात नियंत्रण की मांग की है।
छत्तीसगढ़ के ‘शिमला’ के रूप में विख्यात मैनपाट में पर्यटन को बढ़ावा देने सर्व सुविधायुक्त पर्यटन-आवासीय परिसर बनाया जाएगा। इसके लिए राज्य सरकार ने गृह निर्माण मंडल को 12 एकड़ जमीन आबंटित की है। इस परिसर में कई कमरों वाले मोटल बनेंगे, जहां 247 क्लब हाउस, मिलेट्स कैफे, जिम, स्विमिंग पूल, किड्स प्ले एरिया, स्टीम बाथ और एंटरटेनमेंट जोन विकसित किए जाएंगे। छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल के अध्यक्ष अनुराग सिंह देव ने बताया कि इस भूमि पर आधुनिक एवं बहुउपयोगी पर्यटन-आवासीय परिसर का निर्माण जल्द शुरू कर दिया जाएगा। यह परियोजना मैनपाट आने वाले पर्यटकों को बेहतर, सुरक्षित और किफायती कमरे एवं अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराएगी। सिंहदेव ने कहा कि मैनपाट में लगातार बढ़ते पर्यटक आगमन को देखते हुए इस तरह की सुविधाओं की आवश्यकता लंबे समय से महसूस की जा रही थी। स्टारर होटलों जैसी होगी सुविधाएं प्रस्तावित परिसर में आधुनिक वेलनेस एवं मनोरंजन सुविधाएं विकसित की जाएंगी। अनुराग सिंहदेव ने बताया कि परियोजना में केरल मॉडल पर आधारित वेलनेस सेंटर, प्राकृतिक पंचकर्म चिकित्सा, हर्बल स्पा और आयुष सेवाएं प्रस्तावित हैं। परिसर में 247 क्लब हाउस, मिलेट्स कैफे, जिम, स्विमिंग पूल, किड्स प्ले एरिया, स्टीम बाथ और एंटरटेनमेंट ज़ोन विकसित किए जाएंगे। पर्यावरण अनुकूल विकास के तहत ट्री हाउस, कॉटेज और स्थानीय जीवन एवं संस्कृति का अनुभव कराने वाला सांस्कृतिक क्षेत्र भी शामिल होगा। पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा मैनपाट में पूरे साल भर सैलानी पहुंचते हैं। खासकर ठंड के दिनों में यहां पहुंचने वालों की तादाद काफी अधिक होती है। मैनपाट में करमा एवं शैला रिसॉर्ट के अलावे दर्जनभर से अधिक निजी होटल हैं। सीजन में यहां रूकने के लिए लोगों को कमरे नहीं मिलते। मैनपाट में प्रस्तावित आवासीय परिसर में लोगों के लिए कई कमरे उपलब्ध होंगे। सर्वसुविधायुक्त परिसर में जो सुविधाएं प्रस्तावित हैं, उससे पर्यटन का आकर्षण बढ़ेगा। सिंहदेव ने कहा कि परियोजना से मैनपाट में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा, स्थानीय रोजगार के अवसर सृजित होंगे और हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में नई संभावनाएं खुलेंगी। गुणवत्तापूर्ण आवासीय सुविधा उपलब्ध होने से पर्यटकों का ठहराव समय बढ़ेगा, जो क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को मजबूती देगा। सरगुजा के लिए होगी बड़ी उपलब्धि आवास एवं पर्यावरण मंत्री ओपी चौधरी ने कहा कि मैनपाट छत्तीसगढ़ का विशिष्ट एवं उभरता हुआ पर्यटन गंतव्य है। तेजी से बढ़ रही पर्यटक संख्या को देखते हुए यहां आधुनिक सुविधाओं का विकास अत्यावश्यक है। पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल ने परियोजना को छत्तीसगढ़ के पर्यटन विस्तार के लिए मील का पत्थर बताया। उन्होंने कहा कि आधुनिक पर्यटन सुविधाओं के विकास से पर्यटकों को बेहतर अनुभव मिलेगा और राज्य का हॉस्पिटैलिटी सेक्टर मजबूत होगा। सीतापुर विधायक रामकुमार टोप्पो ने इसे मैनपाट के समग्र विकास के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि यह परियोजना स्थानीय युवाओं को रोजगार एवं व्यापार के अवसर उपलब्ध कराएगी और क्षेत्र की पहचान को नई ऊँचाई देगी।
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही में नाबालिग से रेप की कोशिश करने वाले आरोपी पड़ोसी को कोर्ट ने 5 साल की कठोर कारावास की सजा सुनाई है। आरोपी ने 12 साल की बच्चो को 'नया खेल सिखाने' के बहाने अपने घर ले जाकर अश्लील हरकतें की थीं। घटना 3 मार्च 2025 को मरवाही थाना क्षेत्र के एक गांव में हुई थी। पीड़िता के माता-पिता लरकेनी गांव में पैसे निकालने गए थे, जबकि आरोपी अशोक कुमार गंधर्व (21) के घरवाले भी अंडी गांव में एक शादी में शामिल होने गए थे। घर सूना पाकर, आरोपी अशोक ने बच्ची को बहला-फुसलाकर अपने घर के अंदर ले गया। घर के भीतर ले जाने के बाद आरोपी ने बच्ची के साथ अश्लील हरकतें शुरू कर दीं। इसी दौरान पीड़िता के माता-पिता और दादी घर वापस आ गए। उनकी आवाज सुनकर आरोपी ने बच्ची को छोड़ दिया। डरी-सहमी बच्ची ने अपने माता-पिता को पूरी घटना बताई। 10 महीने में सुनाया फैसला इसके बाद, पीड़िता के माता-पिता ने मरवाही थाने में आरोपी अशोक गंधर्व के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) और पॉस्को एक्ट के तहत मामला दर्ज कर 6 मार्च को आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था। विशेष अपर सत्र न्यायाधीश ज्योति अग्रवाल ने इस मामले में महज 10 महीने में फैसला सुनाया। उन्होंने आरोपी को दोषी पाते हुए भारतीय न्याय संहिता की धारा 76 के तहत 3 साल के कठोर कारावास और 1000 रुपए का जुर्माना लगाया। 1000 रुपए के जुर्माना इसके अलावा लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम 2012 (पॉस्को एक्ट) की धारा 7 और 8 के तहत 5 साल के कठोर कारावास और 1000 रुपए के जुर्माने की सजा सुनाई गई। न्यायालय ने यह भी निर्देश दिया कि जुर्माना अदा न करने पर आरोपी को प्रत्येक जुर्माने के लिए एक-एक महीने का अतिरिक्त कठोर कारावास भुगतना होगा। दोनों सजाएं एक साथ चलेंगी।
बजरिया में शादी से मना करने पर प्रेमिका को वीडियो कॉल कर प्रेमी फंदे पर झूल गया। सुसाइड से पहले प्रेमी वीडियो कॉल कर 23 मिनट तक प्रेमिका को मनाता रहा, मना करने पर प्रेमिका ने उसने साड़ी का फंदा बनाया और आखिरी बार पूछा कि– शादी करोगी कि नहीं, प्रेमिका के मना करते ही प्रेमी वीडियो कॉल करते हुए फंदे पर लटक गया। सुसाइड के बाद युवक का छोटा भाई और उसकी बहन उसे कॉल करती रही, लेकिन फोन उठा। शाम 4 बजे छोटा भाई घर पहुंचा तो भाई फंदे पर लटकता मिला। घटना की जानकारी पर फफकते हुए पिता ने कहा कि– कई बार उसे समझाया था, लेकिन बेटा नहीं माना। नौबस्ता की युवती से था प्रेम प्रसंग कर्नलगंज, बजरिया निवासी मिंटू सोनकर ने बताया कि उनके दो बेटे गौतम (23) और डुग्गु है, बेटी कोमल की शादी हो चुकी है। बताया कि गौतम लोहा मंडी स्थित एक कारखाने में काम करता था। उसका करीब 2.5 साल से नौबस्ता खाड़ेपुर में रहने वाली युवती से प्रेम प्रसंग था। बताया कि गुरुवार को शाम गौतम पत्नी दीपाली को लेकर भैरव मंदिर दर्शन कराने के लिए लेकर जा रहा था। अस्पताल में भर्ती थी मां, गुरुवार को हुआ था एक्सीडेंट ग्वालटोली के पास बाइक अनियंत्रित होने से पत्नी गिर गई, जिससे उनका कूल्हा टूट गया था। जिस पर उन्हें उर्सला अस्पताल में भर्ती कराया था। वहीं गुरुवार को ही गौतम के कल्याणपुर निवासी नाना राकेश की मौत हो गई थी। जिसके बाद से घर में कोई नहीं था। बताया कि शुक्रवार को गौतम मां को देखने के लिए हॉस्पिटल आया था, दोपहर 3 बजे के बाद वह घर चला गया। जबकि छोटा बेटा डुग्गु और बेटी कोमल अस्पताल में थी। इस दौरान गौतम ने प्रेमिका को वीडियो कॉल की और शादी के लिए मनाने लगा। पिता ने बताया कि लड़की इंटरकास्ट होने के कारण शादी के लिए मना कर रही थी, काफी प्रयास के बाद भी वह राजी नहीं हुई तो बेटे ने वीडियो कॉल के दौरान ही साड़ी का फंदा पंखे पर लगाया और फंदे पर झूल गया। शाम करीब 4 बजे डुग्गु घर पहुंचा, काफी देर दरवाजा खटखटाने के बाद भी न खुलने पर उसने झांक कर देखा तो गौतम का शव लटकता मिला। मामले की जानकारी पर बजरिया पुलिस मौके पर पहुंची और जांच पड़ताल शुरू की। जिसमें गौतम की वीडियो कॉल चलती मिली, वीडियो कॉल की स्क्रीन रिकॉर्ड हो रही थी। जिससे मामले का खुलासा हुआ। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। थाना प्रभारी ने बताया कि परिजनों की तहरीर के आधार पर शव को रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
चौमूं में बिजली शिकायतों के कमजोर निवारण तंत्र को लेकर उपभोक्ताओं में असंतोष बढ़ रहा है। इसी समस्या के समाधान के लिए चौमूं नगर परिषद के पूर्व पार्षद राजेश कुमार वर्मा ने शनिवार को विधायक डॉ. शिखा मील बराला से मुलाकात की। उन्होंने विधायक को एक ज्ञापन सौंपकर शहर में एक अतिरिक्त एफ.आर.टी. (फॉल्ट रेक्टिफिकेशन टीम) की तत्काल नियुक्ति की मांग की। ज्ञापन में वर्मा ने बताया कि वर्तमान में चौमूं शहर में केवल एक ही एफआरटी टीम कार्यरत है। इस टीम पर 11 केवी फीडर और एलटी लाइनों दोनों प्रकार की शिकायतों के निवारण की जिम्मेदारी है। जब 11 केवी फीडर में कोई खराबी आती है, तो उसे ठीक करने में अक्सर दो से तीन घंटे या उससे अधिक का समय लग जाता है। इस दौरान एलटी लाइन से जुड़े सैकड़ों उपभोक्ताओं की शिकायतें लंबित रह जाती हैं। इस व्यवस्था के कारण आम नागरिकों को घंटों बिजली कटौती का सामना करना पड़ता है, जिससे व्यापारिक प्रतिष्ठानों का कामकाज भी प्रभावित होता है। विद्युत कर्मचारियों पर अनावश्यक कार्य दबाव बढ़ता है और उपभोक्ताओं में रोष लगातार बढ़ रहा है। वर्मा ने विधायक बराला से चौमूं शहर में एक अतिरिक्त एफआरटी टीम की स्थायी नियुक्ति करवाने की मांग की। उनका कहना है कि इससे विद्युत शिकायतों का समयबद्ध, प्रभावी और संतोषजनक निवारण संभव हो सकेगा। यह कदम न केवल उपभोक्ताओं को राहत देगा, बल्कि विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली को भी अधिक सुचारु और प्रभावी बनाएगा।
खराब मौसम का असर फ्लाइट पर:इंदौर-मुंबई इंडिगो फ्लाइट कैंसिल, यात्री एयरपोर्ट पर परेशान, हंगामा
चंडीगढ़ में खराब मौसम के चलते इंडिगो एयरलाइंस की इंदौर-मुंबई फ्लाइट श्रृंखला प्रभावित हो गई है। शुक्रवार रात मुंबई से इंदौर आने वाली फ्लाइट रद्द होने के कारण शनिवार सुबह इंदौर से मुंबई जाने वाली फ्लाइट भी कैंसिल करनी पड़ी। इससे सैकड़ों यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा और उन्होंने हंगामा भी कर दिया। इंडिगो की यह फ्लाइट चंडीगढ़ से मुंबई होते हुए रात 10:10 बजे इंदौर एयरपोर्ट पहुंचती है, लेकिन चंडीगढ़ में मौसम खराब होने से फ्लाइट देरी से चली। इंदौर एयरपोर्ट रात 10:30 बजे बंद हो जाने के कारण एयरलाइंस ने फ्लाइट को रद्द कर दिया, जिससे इंदौर आने वाले यात्री मुंबई में ही फंसे रह गए। यह विमान रात में इंदौर में रुककर सुबह 6:40 बजे मुंबई के लिए उड़ान भरता है। फ्लाइट कैंसिल होने से शनिवार सुबह मुंबई जाने वाले यात्रियों की यात्रा भी प्रभावित हुई। टिकट रिफंड और रि-बुकिंग का विकल्प एयरलाइंस कंपनी ने यात्रियों को टिकट रिफंड और रि-बुकिंग का विकल्प दिया है। साथ ही मुंबई से इंदौर और इंदौर से मुंबई जाने वाले यात्रियों को वैकल्पिक फ्लाइट में भेजने की व्यवस्था की जा रही है। यात्रियों को फ्लाइट कैंसिल होने का मैसेज नहीं मिला कई यात्रियों को फ्लाइट कैंसिल होने का मैसेज नहीं मिला, जिसके कारण वे सुबह एयरपोर्ट पहुंच गए। जानकारी मिलने पर यात्रियों ने नाराजगी जताई और कुछ देर के लिए एयरपोर्ट पर हंगामे जैसी स्थिति बन गई। बाद में एयरलाइंस अधिकारियों ने यात्रियों को दूसरी फ्लाइट से भेजने का भरोसा देकर स्थिति संभाली।
छतरपुर शहर के प्रतापसागर (बड़े तालाब) में शनिवार को चार दिन से लापता युवक फरीद का शव बरामद हुआ है। पुलिस और एसडीआरएफ की टीम पिछले चार दिनों से लगातार उसकी तलाश कर रही थी। शव मिलने के बाद पुलिस ने पंचनामा बनाकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस को मिले सीसीटीवी फुटेज में फरीद को मंगलवार रात तालाब की ओर जाते हुए देखा गया था। तालाब के किनारे उसकी स्कूटी और चप्पलें भी मिली थीं। इसी आधार पर यह आशंका जताई जा रही थी कि उसने तालाब में कूदकर आत्महत्या की होगी। सिटी कोतवाली टीआई अरविंद दांगी ने बताया कि एसडीआरएफ और कोतवाली पुलिस की संयुक्त टीम उसी दिन से रेस्क्यू कार्य में जुटी हुई थी। बॉस को घर छोड़ने के बाद हुआ गायब परिजनों के अनुसार, फरीद मेडिकल क्षेत्र में काम करता था। मंगलवार रात करीब 10:30 बजे वह अपनी दुकान से निकला था। उसने पहले अपने मालिक को घर छोड़ा। इसके बाद जब परिजनों ने उसे फोन किया, तो उसने बताया कि वह थोड़ी देर से आएगा। बाद में उसका फोन लगातार व्यस्त आया और फिर बंद हो गया। मार्च में होनी थी शादी फरीद के चाचा मोहम्मद सलीम ने बताया कि युवक का विवाह मार्च महीने में तय था। परिवार इस घटना से गहरे सदमे में है और किसी अन्य कारण से यह कदम उठाने की बात से इनकार कर रहा था। हालांकि, अब शव मिलने के बाद पुलिस जांच के बाद ही मौत की असली वजह स्पष्ट हो सकेगी।
ताजमहल में 3 दिवसीय उर्स:हिंदूवादी नेताओं ने भगवा ध्वज चढ़ाने का किया ऐलान, मीरा राठौर हाउस अरेस्ट
आगरा में ताजमहल में 3 दिवसीय उर्स चल रहा है, जिसका हिंदूवादी संगठनों की ओर से विरोध किया जा रहा है। इसी बीच हिंदूवादी नेता मीरा राठौर द्वारा तेजो महालय पर 21 मीटर लंबा भगवा ध्वज चढ़ाने के ऐलान के बाद प्रशासन और पुलिस अलर्ट मोड पर आ गए हैं। अखिल भारत हिंदू महासभा की जिला अध्यक्ष मीरा राठौर को पुलिस ने हाउस अरेस्ट कर लिया है। देर रात से ही उनके आवास पर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है, ताकि किसी भी तरह की कानून-व्यवस्था की स्थिति न बिगड़े। मीरा राठौर ने घोषणा की थी कि वह दोपहर 12:30 बजे अपने निवास से तेजो महालय के लिए रवाना होंगी। हालांकि इससे पहले ही पुलिस ने एहतियातन कार्रवाई करते हुए उन्हें घर में ही रोक लिया। पुलिस और प्रशासन का कहना है कि ताजमहल क्षेत्र में उर्स के चलते पहले से ही कड़ी सुरक्षा व्यवस्था लागू है। ऐसे में किसी भी तरह के विरोध प्रदर्शन, जुलूस या प्रतीकात्मक गतिविधि की अनुमति नहीं दी जा सकती। प्रशासन का साफ कहना है कि कानून-व्यवस्था से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। ताजमहल की पल पल की अपडेट जानने के लिए लाइव ब्लॉग से गुजर जाइए...
भिवानी में ट्रैक्टर-ट्रॉली के नीचे आया युवक:ऊपर से गुजरा टायर, मौके पर मौत; जींद का रहने वाला
भिवानी के गांव धनाना में मिट्टी से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली के नीचे आने से जींद के एक युवक की मौत हो गई। वह अपने मामा के घर आया हुआ था और यहीं रहता था। पुलिस ने मामले की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी। मृतक की पहचान जींद जिले के गांव खापड़वास निवासी अंकित के रूप में हुई है। मुंढाल पुलिस चौकी इंचार्ज एएसआई दीपक ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि गांव धनाना में मिट्टी से भरे ट्रैक्टर-ट्रॉली के नीचे आने से एक युवक की मौत हो गई। टक्कर के बाद नीचे गिरा युवक इसकी सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची। वहीं मृतक की पहचान जींद के गांव खापड़वास निवासी अंकित के रूप में हुई है। जिसके गांव धनाना में मामा रहते हैं। वह भी अपने मामा के यहां ही रहता था। इसी दौरान वह स्कूटी पर गया हुआ था। इसी दौरान मुंढाल की तरफ से एक मिट्टी से भरे ट्रैक्टर-ट्रॉली आ रहे थे। जिसने स्कूटी को टक्कर मार दी। जिसके कारण अंकित नीचे गिर गया। जिसके ऊपर से टायर गुजर गया, जिसके कारण उसकी मौत हो गई।
भिवानी जिले की ढिगावा मंडी में लगातार लगने वाले जाम और आमजन की परेशानी को देखते हुए लोहारू पुलिस ने विशेष यातायात अभियान चलाया। इस अभियान का नेतृत्व थाना प्रभारी जरनैल सिंह ने अपनी पुलिस टीम के साथ किया। अभियान के दौरान पुलिस ने नो-पार्किंग जोन में खड़े वाहनों के चालान काटे और सड़क किनारे अवैध रूप से लगाई गई रेहड़ियों को हटवाया। नो-पार्किंग और बिना हेलमेट वालों पर कार्रवाई अभियान के दौरान नो-पार्किंग जोन में खड़े चार वाहनों के चालान किए गए। पुलिस ने काली फिल्म लगी गाड़ियों की फिल्म उतारी और बिना हेलमेट व बिना लाइसेंस बाइक चला रहे तीन युवकों का चालान किया। उन्हें भविष्य में यातायात नियमों का पालन करने की सख्त हिदायत दी गई। जाम की समस्या से राहत दिलाने के लिए उठाया कदम थाना प्रभारी जरनैल सिंह ने बताया कि सड़क किनारे और बाजार क्षेत्र में खड़े वाहन यातायात को बाधित करते हैं, जिससे जाम की स्थिति बनती है। इसी को ध्यान में रखते हुए यह कार्रवाई की गई है, ताकि यातायात सुचारू रूप से चल सके और आम नागरिकों को राहत मिल सके। 10 वाहनों के चालान, कई नियमों का उल्लंघन पाया गया थाना प्रभारी ने बताया कि अभियान के तहत करीब 10 वाहनों के चालान काटे गए, जिनमें ट्रैक्टर, ट्रक, मोटरसाइकिल और कारें शामिल हैं। चालानों में काली फिल्म, तेज प्रेशर हॉर्न, तेज आवाज में स्पीकर, बिना हेलमेट, ट्रिपल राइडिंग और नो-पार्किंग जैसे विभिन्न यातायात नियमों के उल्लंघन की धाराएं शामिल थीं। दुकानदारों को दी सख्त चेतावनी थाना प्रभारी ने दुकानदारों को चेतावनी दी कि वे अपना सामान निर्धारित स्थान पर ही रखें। यदि कोई दुकानदार भविष्य में मनमानी करता पाया गया, तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। बस स्टैंड क्षेत्र में भीड़भाड़ पर रहेगा फोकस जरनैल सिंह ने बताया कि ढिगावा मंडी में, विशेषकर बस स्टैंड के नजदीक, अक्सर भीड़भाड़ रहती है। इससे वाहन चालकों और आम लोगों को भारी परेशानी होती है तथा दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। पुलिस इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए लगातार अभियान चलाएगी। ऑनलाइन चालान व्यवस्था से होगी सख्त निगरानी थाना प्रभारी जरनैल सिंह ने कहा कि यातायात नियमों का पालन सभी के लिए जरूरी है। नो-पार्किंग में खड़ी गाड़ियों के मालिकों के खिलाफ ऑनलाइन चालान की व्यवस्था की गई है, जिसके तहत चालान सीधे उनके घर भेजे जाएंगे। यह अभियान निरंतर जारी रहेगा ताकि बाजार में जाम की समस्या कम हो और आमजन को राहत मिल सके। स्थानीय लोगों ने जताई संतुष्टि पुलिस की इस कार्रवाई से स्थानीय लोगों और राहगीरों ने राहत महसूस की है। लोगों ने उम्मीद जताई है कि ऐसे निरंतर अभियानों से ढिगावा मंडी में यातायात व्यवस्था में सुधार होगा और जाम की समस्या से स्थायी राहत मिलेगी।
रेवाड़ी जिले के गांव कंवाली के किसान यशपाल खोला तीन दिन तक राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के मेहमान बनेंगे। देश के 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर सम्मानित किए जाने वाले छह किसानों में यशपाल खोला का नाम भी शामिल है। इसके लिए राष्ट्रपति भवन की ओर से उन्हें आधिकारिक निमंत्रण मिला है। यशपाल खोला 25 जनवरी को अपनी पत्नी अनीता कुमारी के साथ दिल्ली रवाना होंगे और 28 जनवरी को वापस लौटेंगे। यशपाल ने साल 2018 में पिता की कैंसर से हुई मौत के बाद पूरी तरह प्राकृतिक खेती को अपना लिया था। हालांकि, उन्होंने प्राकृतिक खेती की शुरुआत साल 2014 में ही कर दी थी। जानकारी के अनुसार, इन किसानों को कार्यक्रम में शामिल होने के लिए आईसीएआर दिल्ली तक खुद जाना होगा। इससे आगे राष्ट्रपति भवन तक पहुंचाने और वहां रहने की पूरी व्यवस्था सरकार करेगी। प्राकृतिक खेती में यशपाल ने निभाई अहम भूमिका डीसी ने बताया कि यशपाल ने न केवल खुद प्राकृतिक खेती को अपनाया, बल्कि एक बड़े रकबे को प्राकृतिक खेती में बदलने में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने विभिन्न कृषि संस्थानों के साथ समन्वय स्थापित कर न केवल अपने खेतों, बल्कि अन्य किसानों के खेतों में भी प्राकृतिक उत्पादन को सफलतापूर्वक बढ़ावा दिया है। यशपाल खोला ने प्राकृतिक उत्पादों की रिटेल मार्केटिंग का एक प्रभावी और प्रेरक मॉडल भी विकसित किया है, जिससे किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिल रहा है और उपभोक्ताओं तक शुद्ध, सुरक्षित खाद्यान्न पहुंच रहा है। उनका यह मॉडल आज कई किसानों के लिए मार्गदर्शक सिद्ध हो रहा है। राष्ट्र निर्माण की दिशा में एक सशक्त पहल यशपाल खोला का कार्य न केवल मिट्टी और कृषि भूमि के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने वाला है, बल्कि इससे किसानों की आय में वृद्धि, पर्यावरण संरक्षण तथा आमजन के स्वास्थ्य को सुरक्षित रखने में भी महत्वपूर्ण योगदान मिला है। उनके प्रयासों को राष्ट्रीय निर्माण की दिशा में एक सशक्त पहल के रूप में देखा जा रहा है। जिसकी सराहना समाज, सरकार और प्रशासन द्वारा लगातार की जाती रही है। राष्ट्रपति भवन की तरफ से यशपाल को भेजा गया निमंत्रण पत्र डाक कर्मियों और अधिकारियों ने सौंपा। निमंत्रण पत्र सौंपने वालों मे सहायक अधीक्षक डाकघर उपमंडल रेवाड़ी चरणजीत यादव, पोस्टमैन सोनू यादव, हनुमान, गोविंद (सहायक डाकपाल, डहिना उप डाकघर) तथा पोस्टमास्टर रामेहर शर्मा (कंवाली) शामिल रहे। यशपाल बोले- मेरे लिए सम्मान की बात यशपाल खोला ने कहा कि देश की प्रथम नागरिक से निमंत्रण मिलने मेरे लिए गर्व की बात है। तीन दिन राष्ट्रपति भवन में रहने का सम्मान और भी उत्साहवर्धक है। इससे न केवल मुझे और बेहतर करने की प्रेरणा मिलेगी, बल्कि दूसरे किसान भी प्राकृतिक खेती की तरफ आने को उत्साहित होंगे। यशपाल के परिवार में पत्नी अनीता के अलावा बेटी फलक राव, बेटा आरव और मां सुशीला देवी हैं। यशपाल ने बताया कि उन्होंने प्राकृतिक खेती तो 2014 में ही शुरू कर दी थी। जब 2018 में कैंसर से पिता की मौत हुई तो उसके बाद पूरी तरह से प्राकृतिक खेती करने और दूसरे किसानों को प्रेरित करने का निर्णय ले लिया था। यशपाल खोला अरावली किसान क्लब के प्रधान हैं। इसके साथ ही स्नातक एवं एचएयू से दो साल का डिप्लोमा किया और वे किसान रत्न अवार्डी हैं। वह न केवल प्राकृतिक तरीके से गेहूं और सब्जी और फल की पैदावार करते हैं, बल्कि उसकी मार्केटिंग भी करते हैं।
जन्मदिन की खुशियां उस वक्त गम में बदल गई, जब युवक ने जहरीला पदार्थ खा लिया और उसकी तबीयत बिगड़ गई। उसे अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन उसकी सांस हमेशा के लिए थम गई। पुलिस ने मर्ग कायम कर एमवाय में उसका पीएम करवाया। अन्नपूर्णा पुलिस के मुताबिक घटना महावर नगर की है। यहां रहने वाले वंश (20) पिता अनिल पारोचे का शुक्रवार को जन्मदिन था। परिवार में खुशी का माहौल था। परिवार के लोगों ने वंश का पूरे उत्साह के साथ जन्मदिन मनाया। बड़े भाई नीरज ने बताया कि वे विदुर नगर में रहते है, लेकिन उनका पुराना मकान महावर नगर में है। शुक्रवार को छोटे भाई का जन्मदिन मनाया। जिसके बाद परिवार के लोगों ने खाना खाया। उसने भी खाया और वह ऊपरी मंजिल पर अपने कमरे में चला गया। वहां उसने कुछ जहरीला पदार्थ खा लिया। उल्टी हुई तो अस्पताल ले गए भाई ने बताया कि वंश को जब उल्टी हुई और उसकी तबीयत बिगड़ने लगी तो मां को पता चला, जिसके बाद उसे प्राइवेट अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां से एमवाय अस्पताल रेफर कर दिया। नीरज ने बताया कि वंश धार्मिक प्रवृत्ति का था। पूजा-पाठ करने वाला था। उसे माताजी भी आती थी। वह मां के साथ नगर निगम में काम करता था। उसने ऐसा क्यों किया ये परिवार के लोगों को भी समझ नहीं आ रहा है। उसके पास से कोई सुसाइड नोट भी नहीं मिला है। जहरील पदार्थ खाने से गई जान अन्नपूर्णा थाने के सहायक उपनिरीक्षक चंद्रपाल सिंह यादव ने बताया कि जहरीला पदार्थ खाने के कारण वंश को अस्पताल में भर्ती किया गया था। जहां आज उसने दम तोड़ दिया। उसके पास से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है, लेकिन पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया है। एमवाय में उसका पीएम करवाया जा रहा है। इधर, पुलिस ने मामले में जांच शुरू कर दी है।
लुधियाना के दाखा थाना क्षेत्र के तलवंडी कलां गांव के 28 वर्षीय युवक सरबजीत सिंह ने नहर में छलांग लगा दी। युवक ने परिवार से 100 रुपए मांगे थे। परिवार ने 100 रुपए नहीं दिए तो नाराज होकर घर से निकला और अबोहर ब्रांच नहर में कूद गया। गोताखोर नहर में उसे ढूंढने में जुटे हैं पर अभी तक उसका कोई सुराग नहीं मिल पाया। जानकारी के अनुसार सरबजीत ने देर रात नहर में छलांग लगाई। जहां उसने नहर में छलांग लगाई वहीं पर एक डेरा भी है। डेरा संचालक ने उसे रोकने की कोशिश की लेकिन वह नहर में कूद गया। रात होने के कारण डेरा संचालक उसे नहर से नहीं निकाल पाया। शनिवार को सुबह से ही गोताखोर उसे ढूंढ रहे हैं। गोताखोर टीम के मुखिया बंटी सिंह (निवासी डल्ला) ने बताया कि तेज बहाव के कारण तलाश अभियान रोकना पड़ा है, जिसे जल्द ही दोबारा शुरू किया जाएगा। अबोहर ब्रांच नहर पुल के पास मिला मोटर साइकिल पुलिस के मुताबिक सरबजीत सिंह का मोटरसाइकिल शुक्रवार रात करीब 8 बजे लुधियाना-बठिंडा राजमार्ग पर सुधार बाजार और भारतीय वायुसेना केंद्र हलवारा की अफसर कॉलोनी के बीच स्थित अबोहर ब्रांच नहर पुल के पास एक दुकान के बाहर मिला था। दाखा पुलिस को सरबजीत के मोबाइल फोन की अंतिम लोकेशन भी रात 8 बजे नहर के पास ही मिली थी। पुल पर खड़े होकर फोन पर कर रहा था काफी देर तक बात सूचना मिलने पर सरबजीत के पिता करमजीत सिंह, बड़े भाई पवितर सिंह, पंचायत सदस्य और बड़ी संख्या में ग्रामीण नहर पुल पर पहुंचे। चश्मदीदों ने परिवार को बताया कि सरबजीत सिंह काफी देर तक पुल के पास खड़ा होकर फोन पर किसी से बात कर रहा था और रो रहा था। कई लोगों ने उससे बात करने का प्रयास किया, लेकिन वह फोन पर ही व्यस्त रहा। रात करीब 11 बजे लगाई नहर में छलांग नहर किनारे स्थित पीर बाबा बाघ मस्तान की दरगाह के सेवादार काका सिंह ने बताया कि रात करीब 11 बजे सरबजीत सिंह ने अचानक नहर में छलांग लगा दी। उन्होंने शोर मचाया, लेकिन सुनसान रात, कड़ाके की ठंड और तेज बहाव के कारण कोई भी समय पर मदद के लिए नहीं पहुंच सका। अकेले होने के कारण वे खुद भी उसे बचाने में असमर्थ रहे। सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करता था सरबजीत करमजीत सिंह ने बताया कि सरबजीत लुधियाना में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करता था, लेकिन आर्थिक तंगी के कारण उसकी शादी तक नहीं हो पाई। उसने किसी जरूरी काम के लिए 100 रुपए मांगे, जो परिवार के पास मौके पर नहीं थे। इसी बात पर गुस्से में वह घर से मोटरसाइकिल लेकर निकल गया। सरबजीत की कॉल डिटेल की कर रहे जांच पुलिस अधिकारियों ने बताया कि सरबजीत सिंह की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) मंगवाई जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि वह आखिर किससे बात कर रहा था, क्योंकि उसका मोबाइल फोन अब तक बरामद नहीं हो सका। परिजनों ने किसी भी तरह की दुश्मनी या प्रेम प्रसंग से साफ इनकार किया है।
खरगोन में सर्ववर्गीय जायसवाल महासभा के महिला मंडल ने हल्दी कुमकुम महोत्सव का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में 250 से अधिक महिला प्रतिनिधियों ने भाग लिया। महिलाओं ने एक-दूसरे को हल्दी कुमकुम लगाकर सुहाग सामग्री बांटी। यह महोत्सव शिवशक्ति मैरिज गार्डन में संपन्न हुआ। आयोजन के दौरान सांस्कृतिक और सामाजिक गतिविधियां भी हुईं, जिसने कार्यक्रम को और भी आकर्षक बना दिया। जिलाध्यक्ष रीना जायसवाल ने बताया कि महिला मंडल ने सामाजिक एकता और संस्कारों को सहेजने के उद्देश्य से इस आयोजन को रखा था। मेघा शुभम जायसवाल ने कहा कि इस कार्यक्रम में सामाजिक संस्कृति की सुंदर झलक देखने को मिली, जहां पारंपरिक रीति से हल्दी-कुमकुम किया गया। महोत्सव में विभिन्न खेल और बेस्ट सेल्फी स्पर्धा का भी आयोजन किया गया। इन गतिविधियों में 100 से अधिक महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। स्पर्धाओं के विजेताओं को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर समाज के कई प्रतिनिधि भी बड़ी संख्या में उपस्थित थे। कार्यक्रम के दौरान महिला मंडल की आगामी सामाजिक गतिविधियों पर भी विचार-विमर्श किया गया। उपस्थित प्रमुख सदस्यों में तरुणा जायसवाल, लता जायसवाल, सावित्री जायसवाल, प्रेमलता जायसवाल, उषा जायसवाल, संगीता खरे, संगीता जायसवाल, रेखा जायसवाल, रजनी जायसवाल, आराधना जायसवाल, बरखा वर्मा, वीणा जायसवाल, बिंदिया जायसवाल, बबीता जायसवाल, राखी बसेर और उषा जायसवाल शामिल थीं।
बलरामपुर-रामानुजगंज के तातापानी महोत्सव में एक जेबकतरा पकड़ा गया। 15 जनवरी को पर्स चोरी का प्रयास करते हुए उसे रंगे हाथ पकड़ा गया, जिसके बाद भीड़ ने उसकी पिटाई कर दी। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि युवक पर्स चोरी करने की कोशिश कर रहा था। लोगों ने उसे पकड़कर पीटना शुरू कर दिया। घटनास्थल पर पुलिस भी मौजूद थी, जिसने बीच-बचाव का प्रयास किया। हालांकि, भीड़ का फायदा उठाकर आरोपी युवक मौके से फरार होने में सफल रहा। तातापानी चौकी प्रभारी उमेश सिंह ने बताया कि वायरल वीडियो के आधार पर आरोपी युवक की पहचान की जा रही है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और जल्द ही आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
राजधानी रायपुर में एक बुजुर्ग की जिंदा जलकर मौत हो गई। टाटीबंध इलाके में राजकुमार गुप्ता (70 साल) अपने परिवार के साथ रहते है। शनिवार सुबह उनका बेटा घर में ताला लगाकर उरला स्थित रोलिंग मिल में काम करने गया था। घर के अंदर बुजुर्ग अकेले थे और ठंड की वजह से रूम हीटर जल रहा था। थोड़ी देर बाद 8 बजे मोहल्ले वालों ने घर में धुआं निकलते देखा। बुजुर्ग चिल्ला रहे थे, लेकिन गेट लॉक होने की वजह से कोई उनकी मदद नहीं कर पाया और वे जिंदा ही जल गए। मामला आमानाका थाना क्षेत्र का है। चाह कर भी कोई मदद नहीं कर सका प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि आग इतनी तेजी से फैली कि बुजुर्ग मदद के लिए चीखते रहे, लेकिन समय रहते कोई उन्हें बचा नहीं सका। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और लोगों ने फायर ब्रिगेड देर से पहुंचने को लेकर आक्रोश भी दिखाया। बेटा घर में ताला मारकर काम पर निकला टाटीबंद इलाके में राजकुमार गुप्ता का घर है। उनका बेटा जितेंद्र गुप्ता उरला स्थित रोलिंग मिल में काम करता है। शनिवार (17 जनवरी) सुबह वह घर में ताला मारकर काम पर निकल गया। घर के अंदर बुजुर्ग ने ठंड की वजह से रूम हीटर चलाया था, बताया जा रहा इसी में सर्किट के बाद आग लगी। चीख रहे थे बुजुर्ग, कोई मदद नहीं कर पाया सुबह करीब 8 बजे मोहल्ले वालों ने घर में आग लगी देखी। बुजुर्ग चिल्ला रहे थे, लेकिन गेट लॉक होने की वजह से कोई उनकी मदद नहीं कर पाया और उनकी जिंदा जलकर मौत हो गई। मोहल्लेवालों ने जितेंद्र गुप्ता और फायर ब्रिगेड की टीम को सूचना दी, लेकिन जब तक फायर ब्रिगेड की टीम पहुंची, तब तक बुजुर्ग की मौत हो चुकी थी। परिवार गया मैहर दर्शन करने आमानाका पुलिस के अनुसार, जिस दौरान घर में आग लगी, उस समय किशोर गुप्ता घर में अकेले थे। बेटा नौकरी और उनके घर के अन्य सदस्य मैहर दर्शन करने के लिए गए हुए थे। पुलिस ने शव को पीएम के लिए भेजा है। मामले में मर्ग कायम करके जांच की जा रही है। ................. इससे जुड़ी खबर भी पढ़ें... पैरा की आग में जिंदा जल गया बुजुर्ग: खेत में लपटें देख पहुंचे ग्रामीण, हादसा या साजिश स्पष्ट नहीं, 2 दिन में दूसरी घटना छत्तीसगढ़ के खैरागढ़ जिले में सोमवार सुबह एक खेत में रखे पैरा (भूसा) के ढेर के बीच लाश बरामद हुई। खेत से धुआं और आग की लपटें उठती देख ग्रामीण मौके पर पहुंचे थे। पैरा के बीच मानव शव दिखाई देने पर लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। जांच में पता चला कि जला हुआ शव 95 साल के बुजुर्ग का है। पढ़ें पूरी खबर...
चतरा जिले के इटखोरी थाना क्षेत्र के जबेर गांव में एक नवविवाहिता का शव उसके घर में फंदे से लटका मिला। मायके पक्ष ने मृतक की सास और ननद पर हत्या का आरोप लगाया है। फिलहार ससुराल पक्ष फरार है। मृतका की पहचान 19 वर्षीय प्रभा कुमारी के रूप में हुई है, जिसकी शादी चार महीने पहले संतु भारती से हुई थी। प्रभा का मायका सदर थाना क्षेत्र के रक्सी गांव में है। मृतका के पिता नंदकिशोर भुईयां और बहन ललिता देवी के अनुसार, शादी के कुछ समय बाद से ही ससुराल वाले दो लाख रुपए दहेज की मांग कर रहे थे। प्रभा की बहन ललिता देवी ने बताया कि सास सुनीता देवी और ननद रवंती देवी उसे लगातार प्रताड़ित करती थीं। उन्होंने प्रभा को धमकी दी थी कि जब तक वह मायके से दो लाख रुपए नहीं लाएगी, उसे घर में नहीं रहने दिया जाएगा। प्रभा ने अपने पति संतु भारती को भी यह बात बताई थी, लेकिन उन्होंने इस पर कोई ध्यान नहीं दिया। मायके वाले ससुराल पहुंचे तो घर पर लगा था तालापरिजनों को शुक्रवार शाम फोन पर सूचना मिली कि प्रभा ने फांसी लगा ली है। जब वे ससुराल पहुंचे, तो घर में ताला लगा पाया और ससुराल वाले फरार थे। मृतका के भाई ललन कुमार भारती ने आरोप लगाया कि उनकी बहन की हत्या कर उसे फंदे से लटकाया गया है और साक्ष्य मिटाने के लिए पूरा परिवार फरार हो गया है। घटना की सूचना मिलने पर इटखोरी थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को सीलिंग फैन से नीचे उतारा और शव पोस्टमॉर्टम के लिए चतरा सदर अस्पताल भेज दिया है। मामले की जांच जारी है। पुलिस को पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार थाना प्रभारी अभिषेक कुमार सिंह ने बताया कि शव को सीलिंग फैन से लटका हुआ पाया गया है। फिलहाल पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार है। मायके पक्ष द्वारा दिए जाने वाले आवेदन के आधार पर मामले की गहनता से जांच की जाएगी और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। इस घटना के बाद से रक्सी और जबेर दोनों गांवों में मातम और आक्रोश का माहौल है।
जांजगीर-चांपा जिले में शुक्रवार को जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष और नौ ब्लॉक अध्यक्षों का शपथ ग्रहण समारोह आयोजित हुआ। चांपा नगर में हुए इस कार्यक्रम में नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत, ज्योत्सना महंत, जिले के विधायक, वरिष्ठ नेता और बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल हुए। डॉ. चरणदास महंत ने नवनियुक्त जिला अध्यक्ष राजेश अग्रवाल को बधाई दी। उन्होंने कहा कि जिला अध्यक्ष का पद कांटों भरा ताज होता है, जिसे संभालना आसान नहीं। महंत ने सभी पदाधिकारियों को एकजुट होकर जनता की आवाज को सड़क से सदन तक पहुंचाने के लिए तैयार रहने की सलाह दी। महंत ने इस अवसर पर राज्य और केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि जनविरोधी नीतियों के खिलाफ कांग्रेस को सड़क से लेकर सदन तक अपना संघर्ष तेज करना होगा। राजनीतिक यात्रा का उल्लेख किया नेता प्रतिपक्ष ने अपनी राजनीतिक यात्रा का उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि वे 25 वर्ष की उम्र से विधानसभा चुनाव लड़ते आ रहे हैं और अपनी सफलता का श्रेय संत कबीर की वाणी तथा जनसंपर्क को देते हैं। उन्होंने केवल कांग्रेस ही नहीं, बल्कि अन्य दलों के कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों से भी संवाद बनाए रखा। जांजगीर-चांपा हमेशा से कांग्रेस का गढ़ रहा उन्होंने कहा कि उनके घर जाकर वोट मांगे, जिसका परिणाम यह रहा कि वे अपनी पत्नी को दूसरी बार सांसद बनवाने में सफल रहे। डॉ. महंत ने दावा किया कि जांजगीर-चांपा हमेशा से कांग्रेस का गढ़ रहा है। उन्होंने याद दिलाया कि पहले यहां विधानसभा में कांग्रेस, भाजपा और बसपा के बीच सीटों का बंटवारा होता था, जिससे रायपुर और दिल्ली में जिले को लेकर मजाक बनता था। आठों लोकसभा सीटों पर कांग्रेस के कब्जे का दावा हालांकि, उन्होंने इस बार लोकसभा क्षेत्र की आठ में से सभी सीटों पर कांग्रेस के कब्जे का दावा किया। महंत ने कहा कि इस जनाधार को आगे भी बनाए रखा जाएगा। वहीं, नव नियुक्त जिला अध्यक्ष राजेश अग्रवाल ने कहा कि यह परीक्षा का समय है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनहित के मुद्दों पर सरकार को घेरकर ही वे इस पद की वास्तविक बधाई स्वीकार करेंगे। उन्होंने जिले में गुटबाजी से इनकार करते हुए चेतावनी दी कि जो भी पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल होगा, उसे संगठन से बाहर का रास्ता दिखाया जाएगा।
सागर के बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज (बीएमसी) की फिजियोथेरेपी विभाग में पदस्थ डॉ. श्रुति शर्मा ने अंतरराष्ट्रीय मैनुअल थेरेपी कॉन्फ्रेंस-2026 में देश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। यह सम्मान उन्हें उनके शोध प्रसव के बाद महिलाओं में होने वाले कमर दर्द को बगैर दवाई के कम करने पर दिया गया है। चार दिवसीय अंतरराष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस ओडिशा की राजधानी भुवनेश्वर में आयोजित की गई थी। आयोजन सामाजिक न्याय एवं निशक्तजन कल्याण मंत्रालय भारत सरकार के तत्वावधान में हुआ। जिसमें देशभर के प्रतिष्ठित मेडिकल कॉलेजों के फिजियोथेरेपिस्ट और शोधकर्ता शामिल हुए थे। बीएमसी से डॉ. श्रुति शर्मा ने हिस्सा लिया। जिन्हें शोध को लेकर भारत में प्रथम स्थान से सम्मानित किया गया। डॉ. श्रुति शर्मा का शोध प्रसव के बाद महिलाओं में होने वाले कमर दर्द (पोस्टपार्टम लो बैक पेन) पर आधारित था। उन्होंने यह शोध एक वर्ष की रिसर्च के बाद पूरा किया। जिसमें 144 महिलाओं को शामिल किया गया। शोध के दौरान उन्होंने पाया कि बगैर किसी पेन किलर या अन्य दर्द निवारक दवाओं के केवल नियमित और वैज्ञानिक तरीके से की गई कसरत व फिजियोथेरेपी तकनीकों के माध्यम से प्रसव के बाद होने वाले कमर दर्द को कम किया जा सकता है। डॉ. श्रुति के अनुसार, पेन किलर दवाओं के लंबे समय तक उपयोग से शरीर पर कई दुष्प्रभाव पड़ सकते हैं। ऐसे में उनका यह शोध उन महिलाओं के लिए बेहद लाभकारी साबित होगा जो प्रसव के बाद कमर दर्द से जूझती हैं और दवाओं पर निर्भर नहीं रहती हैं। उनका मानना है कि फिजियोथेरेपी प्राकृतिक, सुरक्षित और दीर्घकालिक समाधान प्रदान करती है। 2022 से बीएमसी में हैं पदस्थडॉ. श्रुति शर्मा मूल रूप से बुरहानपुर जिले की रहने वाली हैं। वे वर्ष 2022 से बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज सागर में सेवाएं दे रही हैं। वे एक बच्चे की मां हैं और उनके पति पेशे से इंजीनियर हैं। श्रुति शुरू से ही पढ़ाई में मेधावी रही हैं। उन्होंने 12वीं कक्षा में जीव विज्ञान विषय में 100 में से 100 अंक प्राप्त किए थे। वे पांच भाई-बहनों में सबसे बड़ी हैं। डॉ. श्रुति बताती हैं कि शुरू से ही उनमें कुछ अलग करने का जुनून था। जब कॉलेज के समय उनके अधिकतर साथी एमबीबीएस करने की योजना बना रहे थे, तब उन्होंने फिजियोथेरेपी को अपना करियर चुना। इसके पीछे उनका स्पष्ट विचार था कि एमबीबीएस डॉक्टर मरीज को जीवन देते हैं। जबकि फिजियोथेरेपिस्ट मरीज को बेहतर तरीके से जीना सिखाते हैं। फिजियोथेरेपी के माध्यम से बिना सर्जरी और बिना दर्द के मरीज को स्वास्थ्य लाभ दिया जा सकता है।

