भिलाई इस्पात संयंत्र (बीएसपी) को बेचने और निजीकरण को लेकर कुछ दिन पहले बीएसपी प्रबंधन की ओर से बिक्री संबंधी खबरों को अफवाह और भ्रामक बताए जाने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री एवं कांग्रेस नेता भूपेश बघेल ने पलटवार किया है। मीडिया से चर्चा के दौरान बघेल ने सवाल उठाया कि बीएसपी के जनसंपर्क विभाग को बिक्री संबंधी खबरों का खंडन जारी करने का अधिकार किसने दिया है। उन्होंने पूछा कि क्या यह बयान भारत सरकार की अनुमति से जारी की गई है? बिक्री का फैसला भारत सरकार करती है। उन्होंने कहा कि बीएसपी का जनसंपर्क विभाग न तो सेल का प्रवक्ता है और न ही इस्पात मंत्रालय का। ऐसे में संबंधित अधिकारी को स्पष्ट करना चाहिए कि क्या उसने भारत सरकार की अनुमति से बयान जारी की है। यदि ऐसा नहीं है, तो अधिकारी को भिलाई की जनता से माफी मांगनी चाहिए। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि अडानी समूह की निगाह भिलाई स्टील प्लांट की रेल मिल पर है और संयंत्र को खरीदने के लिए यह पूरा प्रयास किया जा रहा है। बघेल ने कहा कि उन्होंने पहले ही अडानी के भिलाई स्टील प्लांट का दौरा करने की बात कही थी। अडानी का यहां आने का उद्देश् क्या है? क्या उनके पास इतना समय है कि वो प्लांट घूमने आ रहे हैं। वहीं भिलाई नगर विधायक देवेंद्र यादव ने बीएसपी के खंडन के जवाब में कहा कि प्रबंधन बताए कि उन्होंने 10 हजार रहवासियों को घर खाली करने का नोटिस क्यों दिया है? अगर आप यहां की बसाहट खत्म कर रहे हो तो बेचने के लिए ही कर रहे हो न? अडानी की निगाह बीएसपी की रेल मिल परबघेल ने कहा कि अडानी बीएसपी की रेल मिल को खरीदना चाहता है। उन्होंने कहा कि उन्हें जो जानकारी मिली है, उसके अनुसार अडानी की निगाह भिलाई स्टील प्लांट की एकमात्र रेल मिल पर है। भाजपा की सरकार में पावर प्लांट बिका, ऑक्सीजन प्लांट बिका, भिलाई में तो यह पावर प्लांट, ऑक्सीजन प्लांट बेचने का काम कर रहे हैं, सिन्टर प्लांट को क्यों बेचा? भूपेश ने दोहराते हुए कहा कि जो मुझे पता चला है वो अडानी की निगाह भिलाई स्टील प्लांट के एकमात्र जो रेल मिल है, उस पर निगाह है। इधर बीजेपी ने जारी किया पोस्टरबीएसपी प्रबंधन की ओर से बीएसपी बेचने के अफवाहों पर बयान के बाद बीजेपी ने भी भूपेश बघेल पर निशाना साधते हुए सोशल मीडिया पर पोस्टर जारी किया है। इस पर जवाब देते हुए भूपेश ने कहा कि मैंने बीएसपी की बात की थी, लेकिन इन्होंने पोस्टर में ट्रेन और रेल पटरी दिखाया है। ये पोस्टर ही इशारा कर रही है कि अडानी की निगाह पटरी पर है, रेल मिल पर है। वहीं बीजेपी विधायक रिकेश सेन के घर के बाहर धरना पर भूपेश ने कहा कि आप आएं, हम आपका स्वागत कर चाए पिलाएंगे, लेकिन पहले यह सुनिश्चित कीजिए कि भिलाई स्टील प्लांट नहीं बिकेगा। अन्य सरकारी संपत्ति बेचने का भी किया जिक्रबघेल ने भाजपा सरकार के पिछले फैसलों का हवाला देते हुए बालको, नगरनार स्टील प्लांट और सार्वजनिक क्षेत्र की अन्य संपत्तियों का मुद्दा उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि पहले कोयला खदानों और बिजली उत्पादन से जुड़े कारोबार में निजी कंपनियों की भूमिका बढ़ी और अब भिलाई स्टील प्लांट को लेकर भी आशंकाएं पैदा हो रही हैं। उन्होंने कहा कि अडानी समूह पहले कोयला खदानों से जुड़ा, फिर बिजली उत्पादन के क्षेत्र में आगे बढ़ा और अब लौह अयस्क तथा इस्पात उत्पादन के क्षेत्र में अपनी गतिविधियां बढ़ा रहा है।
उन्नाव में शादी का झांसा देकर जेंडर परिवर्तन कराने का मामला सामने आया है। चंडीगढ़ के एक पीड़ित ने सफीपुर के युवक पर शोषण और ब्लैकमेल का आरोप लगाया है। कोर्ट के आदेश पर महिला थाना पुलिस ने आरोपी युवक, उसके पिता और दो बहनों के खिलाफ केस दर्ज किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। पीड़ित ने बताया कि 2024 में फेसबुक पर उसकी मुलाकात रायपुर मुस्तफाबाद निवासी राज से हुई। राज ने शादी का वादा कर ऑनलाइन रुपये लिए। आरोप है कि आरोपी ने नशीला पदार्थ देकर अप्राकृतिक संबंध बनाए और अश्लील फोटो-वीडियो भी बना लिए। नवंबर 2024 में वीडियो वायरल करने की धमकी देकर लिंग परिवर्तन का दबाव बनाया गया, जिसके बाद फरवरी 2025 में दिल्ली में सर्जरी हुई। सर्जरी के बाद भी आरोपी ब्लैकमेल कर करीब पांच लाख रुपये, सोने-चांदी के जेवर और एक बाइक लेता रहा। परिजनों पर मारपीट, घर में प्रवेश से रोकने और जान से मारने की धमकी देने के आरोप भी लगाए।पीड़ित का कहना है कि परियर पुलिस चौकी में समझौता हुआ था, जिसके तहत आरोपी को एक मई को चंडीगढ़ पहुंचकर साथ रहने और शादी करने का भरोसा दिया गया, लेकिन वह नहीं पहुंचा। कार्रवाई नहीं होने का आरोप लगाते हुए पीड़ित ने न्यायालय का रुख किया। कोर्ट के आदेश पर महिला थाना उन्नाव में आरोपी राज, उसके पिता और दो बहनों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। महिला थाना प्रभारी निरीक्षक रेखा सिंह ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले की जांच की जा रही है। आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
महराजगंज सदर ब्लॉक में गुरुवार दोपहर तक 60 से 70 आधार कार्ड बनाए और संशोधित किए गए। यहां 0 से 18 साल तक के बच्चों के नए आधार कार्ड मुफ्त में बन रहे हैं। पुराने आधार कार्ड में नाम और पते जैसे जरूरी बदलाव भी किए जा रहे हैं। हालांकि, अभी जन्मतिथि में सुधार नहीं हो रहा है। आधार केंद्र पर रोजाना 45 से 50 लोग पहुंच रहे हैं। सीएससी कोऑर्डिनेटर अंबुज गोंड ने बताया कि सभी काम नियमों के हिसाब से हो रहे हैं। केंद्र पर शीतल गुप्ता और साक्षी गुप्ता दस्तावेज जांचकर आधार पंजीकरण और संशोधन का काम कर रही हैं। दो काउंटर चलने से लोगों को सुविधा मिल रही है।
मां वैष्णो देवी मंदिर का 31वां भंडारा:50 हजार से ज्यादा श्रद्धालु लेंगे महाप्रसाद, कल होगा भंडारा
बड़वानी के मां वैष्णो देवी मंदिर में 23 अक्टूबर को 31वां विशाल भंडारा होगा। इसमें 50 हजार से ज्यादा श्रद्धालुओं के महाप्रसाद लेने की उम्मीद है। आयोजन के लिए तैयारियां चल रही हैं। समिति पदाधिकारी अनिल जोशी और आनंद हल्दीवाल ने बताया कि भंडारे के लिए 40 क्विंटल सब्जी, 40 क्विंटल पूड़ी और 17 क्विंटल शक्कर की नुक्ती तैयार की जा रही है। व्यवस्था में 50 से ज्यादा स्वयंसेवक, हलवाई और महिलाएं सेवा दे रही हैं। मंदिर के तरफ से होता है पूरा इंतजाम। इस भंडारे की शुरुआत 19 अक्टूबर 1996 को आनंद हल्दीवाल परिवार ने की थी। पहले 10 से 15 हजार श्रद्धालु आते थे, अब मंदिर समिति सामूहिक रूप से इसकी व्यवस्था संभालती है। शहर में 24 अक्टूबर को पाला बाजार स्थित मां कालिका माता मंदिर में 28वां भंडारा होगा। 25 अक्टूबर को शरद पूर्णिमा पर आशाग्राम रोड स्थित मां त्रिवेणी माता मंदिर में भी भंडारा होगा, जहां कन्या भोजन और दूध की प्रसादी बांटी जाएगी।
सीतापुर के संदना थाना क्षेत्र किसान की हत्या कर दी गई। सुबह करीब 10 बजे गांव निवासी झपेटा (50) का शव जंगल के रास्ते पर पड़ा मिला। शव मिलने की खबर फैलते ही ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। सूचना पर पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, किसान की धारदार हथियार से हत्या की गई है। इसके बाद शव जंगल के रास्ते पर फेंके जाने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, हत्या के पीछे की वजह अभी स्पष्ट नहीं है। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर वारदात से जुड़े तथ्यों का पता लगाने में जुटी है। जंगल के रास्ते पर पड़ा मिला किसान का शव रघुनाथपुर तेंदुआ गांव निवासी झपेटा का शव गुरुवार सुबह जंगल के रास्ते पर मिला। उनके शरीर पर धारदार हथियार से हमला किए जाने की जानकारी सामने आई है। घटना की खबर मिलते ही गांव में दहशत फैल गई और बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए। सीओ और थानाध्यक्ष ने किया घटनास्थल का निरीक्षण सूचना मिलने पर सीओ मिश्रिख विशाल गुप्ता और संदना थानाध्यक्ष प्रिंस सोनकर पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और वारदात से जुड़े तथ्यों की जानकारी जुटाई। पुलिस ने आसपास के लोगों से भी पूछताछ शुरू की है। फॉरेंसिक टीम ने मौके से जुटाए साक्ष्य मामले की गंभीरता को देखते हुए फॉरेंसिक टीम को भी घटनास्थल पर बुलाया गया। टीम ने मौके से साक्ष्य एकत्र किए, ताकि हत्या से जुड़े पहलुओं की पड़ताल की जा सके। पुलिस इन साक्ष्यों के आधार पर घटना की कड़ियां जोड़ने का प्रयास कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मिलेगी अहम जानकारी पुलिस ने किसान के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत के कारण और चोटों की प्रकृति के बारे में जानकारी मिल सकेगी। फिलहाल हत्या की वजह और इसमें शामिल लोगों का पता नहीं चल पाया है। पुलिस सभी पहलुओं पर जांच कर रही है।
बैतूल सीएम हेल्पलाइन ग्रेडिंग में फिर नंबर-1:जिले ने 98.34 अंक हासिल किए, जबलपुर और श्योपुर पीछे रहे
नगरीय निकायों के कामकाज और सीएम हेल्पलाइन शिकायतों के निराकरण की सितंबर 2026 की जिला-वार ग्रेडिंग में बैतूल ने मध्यप्रदेश में फिर पहला स्थान हासिल किया है। जिला शहरी विकास अभिकरण (PODUDA) बैतूल ने 100 में से 98.34 अंक प्राप्त कर प्रदेश में शीर्ष स्थान बनाया। कलेक्टर सौरभ संजय सोनवणे के मार्गदर्शन में मिली इस उपलब्धि में शिकायतों की नियमित निगरानी और समय पर निराकरण को प्रमुख आधार बताया गया है। 21 अक्टूबर 2026 को जारी विभागीय ग्रेडिंग में बैतूल 98.34 अंकों के साथ पहले स्थान पर रहा। जबलपुर दूसरे और श्योपुर तीसरे स्थान पर रहे। यह रैंकिंग नगरीय निकायों के कामकाज और सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज शिकायतों के निराकरण के आधार पर तय की गई है। 361 शिकायतें मिलीं, सिर्फ 6 निराकरण के लिए शेष परियोजना अधिकारी नवनीत पाण्डेय के अनुसार, सितंबर में जिले को कुल 361 शिकायतें प्राप्त हुईं। ग्रेडिंग माह और 50 दिन से अधिक अवधि की श्रेणी में निराकरण के लिए केवल 6 शिकायतें शेष रहीं। शिकायतकर्ताओं की संतुष्टि के साथ बंद की गई शिकायतों के मूल्यांकन में जिले को 58.34 अंक मिले। वहीं, अन्य निर्धारित मानकों में पूरे अंक प्राप्त हुए। इससे जिले का कुल वेटेज स्कोर 98.34 रहा। पांच नगरीय निकायों को मिले 100 में से 100 अंक जिले के स्थानीय निकायों के प्रदर्शन में भी बेहतर अंक दर्ज किए गए। उपलब्ध क्षेत्रवार ग्रेडिंग के अनुसार आमला, चिचोली, भैंसदेही, मुलताई और घोड़ाडोंगरी ने 100 में से 100 अंक हासिल किए। वहीं, बैतूल नगर पालिका को 99.67, शाहपुर को 97.14 और सारनी को 95.38 अंक मिले। यह प्रदर्शन जिले के विभिन्न नगरीय निकायों में शिकायतों के निराकरण और उनकी निगरानी की व्यवस्था को दर्शाता है। लंबित शिकायतों की नियमित समीक्षा परियोजना अधिकारी नवनीत पाण्डेय ने बताया कि नगरीय निकायों में शिकायतों के त्वरित और गुणवत्तापूर्ण निराकरण पर विशेष ध्यान दिया गया। लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा, संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों के बीच समन्वय और शिकायतों की लगातार निगरानी से यह परिणाम हासिल हुआ। जिला प्रशासन ने उपलब्धि में योगदान देने वाले नगरीय निकायों के अधिकारियों और कर्मचारियों के प्रयासों की सराहना की है। साथ ही, शेष लंबित शिकायतों के निराकरण और शिकायतकर्ताओं की संतुष्टि सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया है।
संडीला कस्बे में बुधवार देर शाम एक शिक्षक की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। यह हादसा नगर के बरौनी फाटक के पास हुआ। मृतक की पहचान बाबा हजारा बाग निवासी भुवनेश अस्थाना उर्फ पंकज (पुत्र अंगद अस्थाना) के तौर पर हुई है। इस घटना से परिवार और शिक्षकों में दुख है। परिजनों ने बताया कि भुवनेश अस्थाना पहले एक निजी स्कूल में शिक्षक थे। नौकरी छोड़ने के बाद वह कोचिंग और ट्यूशन पढ़ाते थे। बुधवार शाम ट्यूशन पढ़ाकर घर लौटते समय वह बरौनी फाटक के पास ट्रेन की चपेट में आ गए। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे मे लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। भुवनेश अपने पीछे पत्नी ज्योति अस्थाना और दो बेटों को छोड़ गए हैं। बड़ा बेटा आचमन अस्थाना बीएससी प्रथम वर्ष का छात्र है, जबकि छोटा बेटा शीलू पढ़ाई कर रहा है।
रायपुर जिले के आरंग स्थित सालासार विहार प्रोजेक्ट में बिना रेरा पंजीयन भूखंडों की बिक्री करना जमीन कारोबारी राजीव सोनी को भारी पड़ गया। छत्तीसगढ़ भू-संपदा विनियामक प्राधिकरण (CG-RERA) ने प्रमोटर राजीव सोनी पर 25 लाख रुपए का जुर्माना लगाया है। प्राधिकरण की जांच में सामने आया कि परियोजना के तहत जमीन को भूखंडों में बांटकर रेरा में पंजीयन कराए बिना बेचा गया। CG-RERA ने इस मामले को भू-संपदा (विनियमन और विकास) अधिनियम, 2016 की धारा 3 का उल्लंघन माना है। इसी आधार पर अधिनियम की धारा 59 के तहत शास्ति लगाई गई। जुर्माने की राशि परियोजना की अनुमानित लागत के आधार पर तय की गई है। पंजीयन के बिना भूखंड बेचना नियमों के खिलाफ रेरा के नियमों के मुताबिक, निर्धारित श्रेणी में आने वाली रियल एस्टेट परियोजनाओं का प्राधिकरण में पंजीयन कराना जरूरी है। पंजीयन के बिना ऐसी परियोजनाओं का विज्ञापन, मार्केटिंग या भूखंडों की बिक्री नहीं की जा सकती। इन नियमों का उद्देश्य संपत्ति खरीदारों को परियोजना की वैधानिक स्थिति और विकास से जुड़ी जरूरी जानकारी उपलब्ध कराना है। प्राधिकरण की इस कार्रवाई को रियल एस्टेट कारोबार में नियमों के पालन और पारदर्शिता सुनिश्चित करने की दिशा में अहम माना जा रहा है। CG-RERA नियमों का उल्लंघन करने वाले प्रमोटरों के खिलाफ अधिनियम के तहत कार्रवाई कर सकता है। जमीन खरीदने से पहले ऐसे करें जांच CG-RERA ने आम नागरिकों से अपील की है कि किसी भी आवासीय परियोजना या भूखंड में निवेश करने से पहले उसका रेरा पंजीयन जरूर जांचें। खरीदार परियोजना का पंजीयन क्रमांक, प्रमोटर का विवरण और संबंधित दस्तावेजों का सत्यापन करें, ताकि भविष्य में विवाद या आर्थिक नुकसान से बचा जा सके। परियोजनाओं के पंजीयन से जुड़ी जानकारी CG-RERA की आधिकारिक वेबसाइट https://rera.cgstate.gov.in पर उपलब्ध है।
इटावा के फ्रेंड्स कॉलोनी में बुधवार रात सड़क हादसे में 30 वर्षीय ट्रक चालक अभिमन्यु की मौत हो गई। वह स्कूटी से घर लौट रहे थे, तभी अज्ञात वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी। हादसे से कुछ देर पहले ही उन्होंने अपनी मां को फोन कर बताया था कि वह पांच मिनट में घर पहुंचने वाले हैं। लेकिन घर पहुंचने से पहले ही उनकी मौत की खबर आ गई। अभिमन्यु शांति बिहार कॉलोनी निवासी प्रवेश सिंह के बेटे थे। वह इलाहाबाद से ट्रक लेकर लौटे थे। इसके बाद उन्होंने मानिकपुर मोड़ पर ट्रक खड़ा किया और स्कूटी से घर के लिए रवाना हो गए। बुधवार रात करीब 12 बजे फ्रेंड्स कॉलोनी क्षेत्र में अज्ञात वाहन ने उनकी स्कूटी को टक्कर मार दी। हादसे में उनकी मौत हो गई। मोबाइल से पुलिस ने परिवार को दी सूचना घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। अभिमन्यु के मोबाइल फोन के जरिए पुलिस ने उनके परिवार को हादसे की जानकारी दी। रात में ही परिजनों को उनकी मौत का पता चला। हादसे की खबर से परिवार में शोक छा गया। ग्वालियर से इटावा पहुंचे ताऊ मृतक के ताऊ जयकांत सिंह भदौरिया ने बताया कि पुलिस की सूचना मिलने पर वह ग्वालियर से इटावा पहुंचे। रात करीब तीन बजे परिजनों ने घटनास्थल पर अभिमन्यु की पहचान की। उनके पिता प्रवेश सिंह रोडवेज में बस चालक हैं। गुरुवार दोपहर करीब एक बजे पुलिस ने अभिमन्यु के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। हादसे के बाद परिवार के लोगों का बुरा हाल है। पुलिस अज्ञात वाहन और उसके चालक के संबंध में जानकारी जुटा रही है।
नवजात की मौत के मामले में निजी अस्पताल सील:बिना पंजीकरण के चल रहा था लालगंज में गीता नर्सिंग होम
आजमगढ़ के लालगंज स्थित गीता चाइल्ड केयर हॉस्पिटल में नवजात शिशु की मौत और इलाज में लापरवाही के आरोपों के बाद स्वास्थ्य विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एन.आर. वर्मा के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अस्पताल का निरीक्षण किया। जांच में बिना वैध पंजीकरण अस्पताल संचालित होने, चिकित्सकीय योग्यता से संबंधित अभिलेख उपलब्ध न होने और नवजात गहन चिकित्सा इकाई (एनआईसीयू) में मानकों की अनदेखी सहित कई गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। इसके बाद अस्पताल को तत्काल प्रभाव से सीज कर दिया गया। मामले में वैधानिक कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है। बुधवार को अस्पताल में मासूम की मौत के बाद परिजनों ने सड़क जामकर प्रदर्शन किया था।बिना पंजीकरण चल रहा था अस्पतालजांच में गीता चाइल्ड केयर हॉस्पिटल का मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में वैध पंजीकरण नहीं पाया गया। अस्पताल संचालक और वहां कार्यरत कर्मचारियों के पास निर्धारित चिकित्सा डिग्री, तकनीकी योग्यता तथा संबंधित पंजीकरण के वैध अभिलेख भी उपलब्ध नहीं मिले। इसके अलावा अस्पताल में संचालित एनआईसीयू निर्धारित चिकित्सा मानकों के अनुरूप नहीं पाया गया। बायोमेडिकल वेस्ट के निस्तारण में भी गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। जांच के दौरान साक्ष्य जुटाने के लिए फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी कराई गई। पहले भी सीज हो चुका था अस्पतालस्वास्थ्य विभाग की जांच में यह बात भी सामने आई कि संबंधित अस्पताल को पूर्व में भी सीज किया गया था। इसके बावजूद कथित तौर पर दोबारा उसका संचालन किया जा रहा था। निरीक्षण के दौरान अस्पताल संचालक और स्टाफ वैध अभिलेख प्रस्तुत नहीं कर सके। विभागीय विज्ञप्ति के मुताबिक, निरीक्षण के समय संचालक और कर्मचारी मौके से फरार हो गए। अपंजीकृत अस्पतालों पर होगी सख्त कार्रवाई सीएमओमुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एन.आर. वर्मा ने स्पष्ट किया कि जनपद में बिना वैध पंजीकरण संचालित निजी अस्पतालों और अन्य चिकित्सा प्रतिष्ठानों के खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि निर्धारित मानकों की अनदेखी, अयोग्य व्यक्तियों द्वारा उपचार और मरीजों की सुरक्षा से खिलवाड़ करने के मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।सीएमओ ने संबंधित अधिकारियों को जिले में संचालित निजी अस्पतालों और क्लीनिकों की नियमित जांच करने तथा अनियमितता मिलने पर तत्काल प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
छत्तीसगढ़ के धमतरी में नवरात्र के समापन पर आस्था और परंपरा का अनूठा संगम देखने को मिला। शहर के मराठापारा स्थित मां मंदर माई मंदिर से ज्योत-जवारा और कलश विसर्जन के लिए भव्य शोभायात्रा निकाली गई। करीब 200 साल से चली आ रही इस परंपरा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। माता के जयकारों, बाजे-गाजे और भक्तिमय माहौल के बीच निकली शोभायात्रा में महिलाओं और युवतियों ने सिर पर ज्योत के कलश धारण किए, वहीं बाना धारण करने वाले युवाओं ने भी लोगों का ध्यान आकर्षित किया। 189 मनोकामना ज्योत के साथ निकली शोभायात्रा इस वर्ष मां मंदर माई मंदिर में करीब 189 मनोकामना ज्योत प्रज्वलित की गई थीं। विधि-विधान से पूजा-अर्चना के बाद विसर्जन यात्रा शुरू हुई। मराठापारा स्थित मंदिर से निकली शोभायात्रा सदर बाजार रोड और गणेश चौक होते हुए शीतला मंदिर पहुंची। यहां महिमासागर तालाब में कलश और जवारा की पूजा-अर्चना के बाद उनका विसर्जन किया गया। सफेद साड़ी में ज्योत लेकर चलीं महिलाएं शोभायात्रा में शामिल महिलाओं और युवतियों की सफेद साड़ी वाली धार्मिक वेशभूषा आकर्षण का केंद्र रही। मंदिर की परंपरा के अनुसार, ज्योत धारण करने वाली महिलाओं को सफेद वस्त्र, विशेषकर सफेद साड़ी में पंजीयन कराना होता है। श्रद्धालु सिर पर ज्योत और कलश लेकर माता के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़े। मराठापारा सहित रास्ते में विभिन्न स्थानों पर लोगों ने पूजा की थाल सजाकर जवारा की पूजा की और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। शोभायात्रा में शामिल श्रद्धालुओं ने बताया कि वे अपनी मनोकामना लेकर माता की ज्योत-जवारा यात्रा में शामिल हुए हैं। पूरे मार्ग में भक्तिमय माहौल रहा और जगह-जगह लोगों ने माता की पूजा कर आशीर्वाद मांगा। पुजारी परिवार की तीसरी पीढ़ी निभा रही पूजा की जिम्मेदारी मंदिर के पुजारी राजकुमार ध्रुव ने बताया कि मां मंदर माई की आराधना और ज्योत-जवारा विसर्जन की परंपरा पीढ़ी-दर-पीढ़ी चली आ रही है। उनके परिवार की यह तीसरी पीढ़ी है, जो मंदिर में पूजा-अर्चना की जिम्मेदारी निभा रही है। नवरात्र के दौरान मंदिर में विशेष पूजा होती है और श्रद्धालु अपनी मनोकामना लेकर ज्योत प्रज्वलित करवाते हैं। उन्होंने बताया कि माता के प्रति लोगों की गहरी आस्था है। दूर-दूर से भक्त अपनी मन्नत लेकर मंदिर पहुंचते हैं और मनोकामना ज्योत जलवाते हैं। श्रद्धालुओं का विश्वास है कि सच्चे मन से मांगी गई मुराद मां मंदर माई पूरी करती हैं। 18 साल से बाना धारण करने की परंपरा मंदिर की परंपरा में बाना धारण करने वाले युवाओं की भी अहम भूमिका रहती है। स्थानीय निवासी सितेश पवार ने बताया कि वह पिछले करीब 18 वर्षों से इस परंपरा को देखते आ रहे हैं। उनके अनुसार, यह परंपरा काफी पुरानी है और इस वर्ष भी बड़ी संख्या में युवाओं ने अपनी मनोकामना के लिए बाना धारण किया। उन्होंने बताया कि बाना धारण करने की परंपरा मराठापारा से आगे बांसपारा क्षेत्र में देखने को मिलती है। श्रद्धालु अपनी आस्था के अनुसार माता की आराधना करते हुए आगे बढ़ते हैं। विंध्यवासिनी मंदिर तक बाना धारण करने की परंपरा निभाई जाती है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दौरान पूजा-विधि में विशेष सावधानी और परंपराओं का ध्यान रखा जाता है। मां मंदर माई की ज्योत-जवारा विसर्जन यात्रा केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि धमतरी की सांस्कृतिक विरासत का भी प्रतीक है। करीब दो शताब्दियों से चली आ रही यह परंपरा आज भी नई पीढ़ी को अपनी आस्था और सांस्कृतिक जड़ों से जोड़े हुए है।
झालावाड़ मेडिकल कॉलेज और इससे जुड़े अस्पतालों के अधिकारियों-कर्मचारियों को पिछले दो महीने से वेतन नहीं मिला है। एरियर का भुगतान भी लंबित होने से आर्थिक परेशानी झेल रहे कर्मचारियों का गुस्सा बढ़ गया। कर्मचारियों गुरुवार को ने दो घंटे की गेट मीटिंग कर विरोध जताया और बकाया वेतन व एरियर जल्द जारी करने की मांग की। इसके बाद कर्मचारियों के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री और राजस्थान के चिकित्सा मंत्री के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर भुगतान में हो रही देरी का समाधान करने की मांग उठाई। दो महीने से वेतन अटका, घर खर्च चलाना मुश्किल कर्मचारियों का कहना है कि वेतन परिवार की रोजमर्रा की जरूरतों का आधार है। दो महीने से भुगतान नहीं होने के कारण घर का खर्च चलाने, बच्चों की जरूरतें पूरी करने और अन्य जरूरी भुगतान करने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। एरियर का भुगतान भी रुका हुआ है, जिससे उनकी आर्थिक परेशानी और बढ़ गई है। कर्मचारियों ने मांग की कि बकाया वेतन और लंबित एरियर का भुगतान जल्द से जल्द किया जाए, ताकि उन्हें राहत मिल सके। गेट मीटिंग के बाद कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन वेतन भुगतान में देरी के विरोध में कर्मचारियों ने दो घंटे तक गेट मीटिंग कर अपनी मांगों को उठाया। इसके बाद कर्मचारियों के एक दल ने झालावाड़ कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। मुख्यमंत्री और चिकित्सा मंत्री, राजस्थान सरकार के नाम दिए गए ज्ञापन में बकाया वेतन और लंबित एरियर तत्काल जारी करने की मांग की गई। कर्मचारियों ने उम्मीद जताई कि प्रशासन उनकी समस्या को गंभीरता से लेते हुए सरकार तक मांग पहुंचाएगा और जल्द समाधान होगा। कई कर्मचारी संगठनों ने एकजुट होकर उठाई आवाज विरोध प्रदर्शन में सेवारत राजकीय चिकित्सक संगठन, नर्सेज संगठन, फार्मासिस्ट संगठन, लैब टेक्नीशियन संगठन, रेडियोग्राफर संगठन और चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी संगठन सहित विभिन्न कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधि एवं कर्मचारी शामिल हुए। सभी ने वेतन और एरियर के शीघ्र भुगतान की मांग को प्रमुखता से उठाया। कर्मचारियों ने स्पष्ट किया कि वे अपनी समस्या को लेकर संबंधित अधिकारियों और सरकार का ध्यान आकर्षित कर रहे हैं, ताकि मेडिकल कॉलेज और संबद्ध अस्पतालों में कार्यरत कर्मचारियों को आर्थिक राहत मिल सके।
रोडवेज और टेंपो में आमने-सामने टक्कर, 3 की मौत:महिला की मौके पर मौत, 2 ने रास्ते में दम तोड़ा
जालोर में रोडवेज बस और टेंपो में आमने-सामने की टक्कर हो गई। हादसे में टेंपो के परखच्चे उड़ गए। इसमें सवार एक महिला की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 2 को इलाज के लिए ले जाते वक्त उन्होंने दम तोड़ दिया। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ इकट्ठा हो गई। लोगों ने ही एम्बुलेंस को कॉल कर बुलाया। वहीं पुलिस भी मौके पर पहुंची है और दोनों वाहनों को जब्त किया है। मामला रामसीन थाना इलाके की दाेपहर 1 बजे रामसीन से भीनमाल जाने वाली हाइवे की है। खबर अपडेट की जा रही है।
हिसार उपायुक्त महेंद्र पाल ने बरवाला और उकलाना की अनाज मंडियों का दौरा कर फसल खरीद व्यवस्था का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने मंडियों में खरीद कार्य की प्रगति की समीक्षा की और किसानों व आढ़तियों से बातचीत कर उनकी समस्याओं एवं मंडियों में उपलब्ध व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी ली। निरीक्षण के दौरान डीसी महेंद्र पाल ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मंडियों में फसल खरीद का कार्य सुचारू, पारदर्शी और व्यवस्थित ढंग से सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि किसानों की फसल की खरीद निर्धारित मापदंडों के अनुसार की जाए तथा खरीद प्रक्रिया में अनावश्यक देरी न हो। धान आवक, खरीद और उठान की निगरानी के निर्देश इसके साथ ही मंडियों में फसल की आवक, खरीद, उठान और संबंधित रिकॉर्ड की नियमित निगरानी की जाए, ताकि पूरी प्रक्रिया समयबद्ध तरीके से संपन्न हो सके। उपायुक्त महेंद्र पाल ने कहा कि फसल खरीद के बाद उसका समय पर उठान सुनिश्चित करना भी उतना ही जरूरी है, ताकि मंडियों में अनावश्यक रूप से फसल का जमाव न हो और नई फसल लेकर आने वाले किसानों को पर्याप्त स्थान मिल सके। इसके लिए खरीद एजेंसियां, मार्केट कमेटी और संबंधित विभाग आपसी समन्वय से कार्य करें। समस्या आने पर तुरंत कार्रवाई की जाए : डीसी उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि खरीद और उठान की स्थिति पर लगातार नजर रखें तथा किसी भी प्रकार की समस्या सामने आने पर तुरंत आवश्यक कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि मंडियों में तैनात अधिकारी नियमित रूप से व्यवस्थाओं का निरीक्षण करें और यह सुनिश्चित करें कि खरीद प्रक्रिया में पारदर्शिता बनी रहे। उपायुक्त ने किसानों और आढ़तियों से भी अपील करते हुए कहा कि वे खरीद प्रक्रिया को सुचारू बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें। इस अवसर पर बरवाला एसडीएम अश्वीर नैन, मार्केट कमेटी अध्यक्ष प्रवीण सैनी सहित संबंधित विभागों के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
ग्वालियर में दीपावली और छठ पूजा से पहले रेलवे ने यात्रियों की सुविधा के लिए 4 ट्रेनों के कोच कंपोजिशन में बदलाव किया है। इन ट्रेनों में थर्ड एसी इकोनॉमी कोच की संख्या घटाकर स्लीपर कोच बढ़ाए गए हैं। इससे त्योहारों के दौरान स्लीपर क्लास में यात्रा करने वाले यात्रियों को अतिरिक्त सीटें मिल सकेंगी। 21 और 22 अक्टूबर से लागू हुई व्यवस्था रेलवे ने दो ट्रेनों में नई कोच व्यवस्था लागू कर दी है। त्योहारों में स्लीपर सीटों की ज्यादा मांग दीपावली के दौरान ग्वालियर, झांसी और आसपास के इलाकों से बड़ी संख्या में लोग गुजरात और महाराष्ट्र की ओर यात्रा करते हैं। इस दौरान स्लीपर और जनरल कोच में सीटों की मांग बढ़ जाती है। यात्रियों को टिकट बुक करते समय वेटिंग लिस्ट और सीटों की कमी का सामना करना पड़ता है। रेलवे ने इसी मांग को देखते हुए कोच व्यवस्था में बदलाव किया है। एसी इकोनॉमी कोच कम करके स्लीपर कोच बढ़ाने से स्लीपर क्लास में उपलब्ध सीटों की संख्या बढ़ेगी।
बाराबंकी के परसा गांव में गुरुवार सुबह बिजली के तार की चपेट में आने से 28 वर्षीय अजय कुमार की मौत हो गई। हादसा सुबह करीब 10 बजे हुआ। अजय घर के पास किसी काम से जा रहे थे, तभी वह बिजली की एलटी लाइन के तार की चपेट में आ गए। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। परसा गांव निवासी अजय कुमार पुत्र जैसी राम घर के पास जा रहे थे। इसी दौरान वह एलटी लाइन के तार की चपेट में आ गए। हादसे के बाद ग्रामीण मौके पर पहुंचे और उन्हें तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) सिरौली गौसपुर ले गए। सीएचसी में डॉक्टरों ने जांच के बाद अजय कुमार को मृत घोषित कर दिया। युवक की मौत की खबर मिलते ही परिवार में मातम छा गया। पत्नी चरित्र कुमारी समेत अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा घटना की सूचना मिलने पर बदोसराय पुलिस सीएचसी पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरा और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस मामले में आवश्यक कार्रवाई कर रही है। विद्युत विभाग के अवर अभियंता राज मौर्य ने बताया कि मामले की जांच के लिए टीम भेजी जाएगी। जांच के बाद ही हादसे की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी।
उमराह यात्रा पूरी कर लौटे जायरीन:परिजनों ने फूल-मालाएं पहनाकर किया स्वागत, अमन-चैन की दुआएं मांगीं
गुरुवार को देश के अलग-अलग राज्यों, शहरों और गांवों में उमराह यात्रा पूरी कर लौटे जायरीनों का मुस्लिम समुदाय और परिजनों ने स्वागत किया। उन्हें फूल-मालाएं पहनाई गईं और गले लगाकर मुबारकबाद दी गई। शाजापुर के दानिश सिशगर भी 20 दिन की उमराह यात्रा के बाद लौटे। उनके परिवारजनों और आसपास के लोगों ने उनका स्वागत किया। दानिश ने बताया कि उन्होंने 20 दिनों की इस यात्रा में इबादत करते हुए अल्लाह से देश में अमन-चैन, भाईचारे और खुशहाली के लिए दुआएं मांगीं।
फतेहपुर जिले के ललौली थाना क्षेत्र के पलटू का पुरवा में बुधवार को मूर्ति विसर्जन के लिए जा रहे एक 15 वर्षीय किशोर की करंट की चपेट में आने से मौत हो गई। हादसा उस समय हुआ, जब ट्रैक्टर-ट्रॉली में मूर्ति चढ़ाई जा रही थी। इसी दौरान ट्रॉली में करंट उतर आया, जिसकी चपेट में आने से अमन पुत्र सौखिलाल गंभीर रूप से झुलस गया। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। आनन-फानन में परिजन और ग्रामीण अमन को जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे देखते ही मृत घोषित कर दिया। किशोर की मौत की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। मूर्ति विसर्जन की खुशियां मातम में बदल गईं।।
जौनपुर में वाराणसी खंड स्नातक एवं शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। शुक्रवार की सुबह आठ बजे से शाम चार बजे तक मतदान होगा। दोनों निर्वाचन क्षेत्रों में कुल 67 हजार 172 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। निर्वाचन प्रक्रिया को निष्पक्ष व शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए गुरुवार को कलक्ट्रेट परिसर से पोलिंग पार्टियां रवाना हो रही है। कुल 90 बूथ बने हैं। जिला निर्वाचन अधिकारी सैमुअल पाल एन के अनुसार, कलेक्ट्रेट के सभी न्यायालय कक्षों को निर्वाचन में मतदेय स्थल बनाया गया है। मतदान को सकुशल, निर्विघ्न एवं शांतिपूर्ण सम्पन्न कराने के लिए मतदान पार्टियां कलेक्ट्रेट न्यायालय कक्ष पर पहुंचेगी और वहीं रात विश्राम करेंगी। निर्वाचन के दृष्टिगत 22 एवं 23 अक्तूबर को कलक्ट्रेट के समस्त न्यायालय वादकारियों के लिए बंद रहेंगे। कलेक्ट्रेट परिसर में सभी प्रकार के वाहनों का प्रवेश भी प्रतिबंधित रहेगा। स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में 60 हजार 396 व शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में छह हजार 776 मतदाता हैं। जिले में स्नातक क्षेत्र के लिए 22 मतदान केंद्रों पर 68 मतदेय स्थल व शिक्षक क्षेत्र के लिए 22 मतदान केंद्रों पर 22 मतदेय स्थल बनाए गए हैं। इस तरह 90 मतदेय स्थलों पर मतदान होगा। 9 जोन और 27 सेक्टर में बंटा जिला एमएलसी चुनाव के मद्देनजर उप जिला निर्वाचन अधिकारी परमानंद झा ने बताया कि जन्पद में स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के 68 व शिक्षक- निर्वाचन क्षेत्र के 22, इस प्रकार कुल 90 मतदेय स्थलों के लिए पोलिंग पार्टियों के गठन एवं प्रशिक्षण की कार्यवाही निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुरूप पूर्ण कर ली गई है। निर्वाचन को सुचारु रूप से सम्पन्न कराने के लिए मतदान केंद्रवार आरक्षित सहित 9 जोनल मजिस्ट्रेट, 27 सेक्टर मजिस्ट्रेट तथा 100 माइक्रो आब्जर्वर की नियुक्ति की गई है। मतदान के लिए 90 पीठासीन अधिकारियों व 270 मतदान अधिकारियों की तैनाती की गई है। इसके अलावा 22 पीठासीन अधिकारी और 66 मतदान अधिकारी आरक्षित रखे गए हैं। मोबाइल फोन व कैमरा प्रतिबंधितउप जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि मतदान कक्ष में मोबाइल -फोन अथवा किसी भी प्रकार का कैमरा आदि प्रतिबंधित रहेगा। मतदान प्रकोष्ठ में मतदाता को पीठासीन अधिकारी द्वारा जो बैंगनी रंग का स्केच पेन मत डालने के लिए दिया जाएगा उसी पेन से मतदान करना होगा। निर्वाचन प्रक्रिया के लिए कलेक्ट्रेट जौनपुर स्थित सभागार के प्रथम तल पर कंट्रोल रूम बनाया गया है। 9454417117 पर फोन कर शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।
जामताड़ा शहर के साइडिंग रोड पर एक बंद मकान में चोरों ने 14 लाख रुपए की चोरी की। मकान मालिक अरनव साधु दुर्गापूजा के लिए अपने गांव घसनिया गए थे। चोरों ने बाउंड्री तोड़कर घर में घुसकर अलमारी से सोने-चांदी के गहने और नकदी चुरा ली। बुधवार देर रात मकान की रखवाली करने वाले मनोज कुमार और सुरेश राय ने टूटी बाउंड्री देखी, जिससे चोरी का पता चला। चोर 80 ग्राम सोना, 200 ग्राम चांदी और 50 हजार रुपये नकद ले गए। चोरी हुए गहनों की कीमत साढ़े 13 लाख रुपये है। नकदी सहित कुल 14 लाख रुपये की चोरी हुई। सूचना मिलते ही जामताड़ा थाना प्रभारी मनोज कुमार महतो पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण कर मकान मालिक से जानकारी ली। पुलिस मामले की जांच में जुटी है और चोरों की तलाश जारी है।
देवरिया में जल निगम ग्रामीण के पंप ऑपरेटरों ने मानदेय बढ़ाने की मांग को लेकर गुरुवार दोपहर 12 बजे कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। ऑपरेटरों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर मानदेय में बढ़ोतरी करने और नवगठित आउटसोर्स सेवा निगम (यूपीसीओएस) में शामिल करने की मांग की। उन्होंने कहा कि लंबे समय से मानदेय में बढ़ोतरी नहीं होने के कारण उन्हें आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। प्रदर्शन कर रहे ऑपरेटरों ने बताया कि वे वर्ष 2015-16 से काम कर रहे हैं, लेकिन उनके मानदेय में लंबे समय से कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है। उन्हें केवल 4 हजार रुपये मानदेय मिलता है। ऑपरेटरों का कहना है कि यह राशि भी उन्हें सिर्फ होली और दिवाली के समय दी जाती है। महंगाई में परिवार चलाना मुश्किल ऑपरेटरों ने कहा कि लगातार बढ़ती महंगाई के बीच इतने कम मानदेय में परिवार का खर्च चलाना मुश्किल हो गया है। उनका आरोप है कि मिलने वाला मानदेय कुशल श्रमिकों की न्यूनतम मजदूरी से भी काफी कम है। इसके चलते उन्हें आर्थिक परेशानी के साथ मानसिक तनाव का सामना करना पड़ रहा है। यूपीसीओएस में शामिल करने की मांग ऑपरेटरों ने जिलाधिकारी से मानदेय बढ़ाने और उन्हें नवगठित आउटसोर्स सेवा निगम (यूपीसीओएस) में शामिल करने के लिए राज्य सरकार को प्रस्ताव भेजने की मांग की। उनका कहना है कि इससे उनकी समस्याओं के समाधान की दिशा में कदम उठाया जा सकेगा। मांगें पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन की चेतावनी प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे। उन्होंने प्रशासन से उनकी समस्याओं पर गंभीरता से विचार कर उचित कदम उठाने की अपील की।
शामली में विवाहिता की संदिग्ध मौत:पति पर जहर देकर हत्या का आरोप, घटना के बाद से ही फरार
शामली के कोतवाली क्षेत्र के गांव लांक में 23 साल की विवाहिता ज्योति की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मायके पक्ष ने पति विजय पर मारपीट करने और जहर देकर हत्या करने का आरोप लगाया है। परिजनों ने कोतवाली पहुंचकर तहरीर दी और आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू कर दी है। पंजाब के खन्ना की रहने वाली सीमा देवी ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि करीब दो साल पहले उनकी बेटी ज्योति की शादी गांव लांक के रहने वाले विजय के साथ हुई थी। आरोप है कि शादी के कुछ समय बाद ही पति ज्योति को परेशान करने और उसके साथ मारपीट करने लगा। परिजनों का कहना है कि कई बार समझाने के बावजूद उसके व्यवहार में सुधार नहीं हुआ। आरोप है कि विजय ज्योति को जान से मारने की धमकी भी देता था। परिजनों के मुताबिक, 21 अक्टूबर की रात भी ज्योति के साथ झगड़ा और मारपीट की गई। आरोप है कि इसी दौरान उसे जहर देकर मार दिया गया। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। ज्योति की मौत के बाद मायके पक्ष ने पुलिस से पति के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की है। ज्योति का 11 महीने का बच्चा भी है। सीओ जितेंद्र कुमार ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।
MLC चुनाव के लिए शामली में मतदान:5 केंद्रों में 22 बूथों पर होगा, भाजपा-सपा की प्रतिष्ठा दांव पर
मेरठ-सहारनपुर खंड की शिक्षक और स्नातक एमएलसी सीटों के लिए 23 अक्टूबर को मतदान कराया जाएगा। जिला प्रशासन ने मतदान प्रक्रिया संपन्न कराने के लिए कर्मचारियों की ड्यूटी लगाने के साथ सुरक्षा व्यवस्था भी पूरी कर ली है। जिले को तीन जोन और पांच सेक्टरों में बांटकर अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। मतदान के दौरान केंद्रों पर व्यवस्थाओं की निगरानी की जाएगी, ताकि मतदाताओं को परेशानी न हो और प्रक्रिया शांतिपूर्ण तरीके से पूरी हो सके। एसडीएम सचिन कुमार ने बताया कि मतदान कर्मियों को उनकी जिम्मेदारियां समझा दी गई हैं। वहीं, चुनाव को लेकर भाजपा और सपा भी सक्रिय हैं। दोनों दल अपने प्रत्याशियों के समर्थन में मतदाताओं से संपर्क कर रहे हैं। पांच स्थानों पर बनाए गए मतदान केंद्र शामली के वीवी इंटर कॉलेज, थानाभवन के किसान इंटर कॉलेज, विकास खंड ऊन, विकास खंड कैराना और नगर पालिका कांधला में मतदान केंद्र बनाए गए हैं। इन केंद्रों पर कुल 22 बूथों पर मतदान होगा। प्रशासन ने मतदान कर्मियों की ड्यूटी लगाने के साथ जरूरी व्यवस्थाएं पूरी करा दी हैं। तीन जोन और पांच सेक्टरों में बंटा जिला सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने के लिए जिले को तीन जोन और पांच सेक्टरों में बांटा गया है। अधिकारियों को अलग-अलग क्षेत्रों की जिम्मेदारी सौंपी गई है। एसडीएम सचिन कुमार के मुताबिक, मतदान निर्धारित समय पर शुरू कराने के लिए सभी जरूरी तैयारियां पूरी हैं। मतदान सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक चलेगा। भाजपा-सपा ने झोंकी ताकत, प्रतिष्ठा दांव पर शिक्षक और स्नातक एमएलसी चुनाव को लेकर भाजपा और सपा के नेता और कार्यकर्ता सक्रिय हैं। दोनों दलों के कार्यकर्ता अपने-अपने प्रत्याशियों के पक्ष में मतदाताओं से संपर्क कर रहे हैं। बैठकों के जरिए भी समर्थन जुटाने की कोशिश की जा रही है। ऐसे में चुनाव दोनों प्रमुख दलों के लिए प्रतिष्ठा का सवाल बना हुआ है। मतदान के दिन शराब और भांग की दुकानें बंद जिला मजिस्ट्रेट आलोक यादव ने एमएलसी चुनाव के मद्देनजर 23 अक्टूबर को जिले में शुष्क दिवस घोषित किया है। इस दौरान देशी शराब, कंपोजिट शराब की दुकानों, मॉडल शॉप और भांग की फुटकर दुकानों पर बिक्री और आपूर्ति बंद रहेगी। प्रशासन ने यह आदेश मतदान के दौरान शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए जारी किया है।
झांसी के नटराज सरोवर पोर्टिको में 25 अक्टूबर को क्वीन एग्जिबिशन का आयोजन होगा। इसमें ‘घर का स्वाद बाय सुलेखा’ पहली बार अपने उत्पादों का स्टॉल लगाएगा। प्रदर्शनी सुबह 10 बजे से शाम 7 बजे तक चलेगी। स्टॉल पर बिना अतिरिक्त चीनी के तैयार डेट्स लड्डू, खजूर और सूखे मेवों से बने रोल्स, हेल्दी नमकीन और मसाला पंजाबी स्टाइल मठरी उपलब्ध रहेंगे। इन उत्पादों को घरेलू स्वाद और सेहत को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। प्रदर्शनी में आने वाले लोग स्टॉल पर इन उत्पादों को देख सकेंगे और इनके बारे में जानकारी प्राप्त कर सकेंगे।
नोएडा में लगातार बढ़ रहे वायु प्रदूषण के चलते यहां ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान की स्टेज-1 को लागू किया गया है। बावजूद इसके सेक्टर और सड़कों पर पड़ी कंस्ट्रक्शन मटेरियल को ढक के नहीं रखा गया है। नियमता इस मैटेरियल पर पानी का छिढ़काव और ग्रीन शीट से ढक कर रखना है। ताकि धूल को नियंत्रित किया जा सके। लेकिन ऐसा होता नहीं दिख रहा। शहर में वायु प्रदूषण की बात करे तो गुरुवार को दोपहर यानी नॉन पीक आवर में एयर क्वालिटी इंडेक्स 259 रिकार्ड किया गया। जबकि शाम को ये और बढ़ेगा। ऐसे में लगातार वायु प्रदूषण बढ़ता जा रहा है। वहीं कई सेक्टर में प्रदूषण का स्तर 300 के पार जा चुका है। नोएडा में अन्य स्थानों पर प्रदूषण इन नियमों का पालन करना होगा
मेरठ-सहारनपुर खंड शिक्षक और स्नातक एमएलसी चुनाव के लिए शुक्रवार को मतदान होगा। नामांकन, जांच और नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद दोनों सीटों पर कुल 18 प्रत्याशी मैदान में हैं। शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में 10 और स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में 8 प्रत्याशी हैं। भाजपा और सपा ने दोनों सीटों पर अपने प्रत्याशी उतारे हैं, जबकि निर्दलीय प्रत्याशी भी मुकाबले में हैं। मतदान को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था पूरी कर ली है। जिलाधिकारी डॉ. वीके सिंह ने बताया कि मतदान के लिए सभी तैयारियां पूरी हैं। निर्धारित समय पर पोलिंग पार्टियां अपने-अपने मतदान केंद्रों के लिए रवाना होंगी। पुलिस बल की पर्याप्त तैनाती की गई है। सेक्टर और जोनल स्तर पर मजिस्ट्रेटों की ड्यूटी लगाई गई है। इसके अलावा सुपर जोनल मजिस्ट्रेट के रूप में एडीएम रैंक और एसपी रैंक के अधिकारियों को जिम्मेदारी दी गई है। एडीएम और एसपी स्तर के अधिकारी मोबाइल रहकर व्यवस्था पर नजर रखेंगे। स्नातक सीट पर 8 प्रत्याशियों के बीच मुकाबला स्नातक निर्वाचन क्षेत्र मेरठ-सहारनपुर खंड में भाजपा के दिनेश गोयल और सपा के प्रमेंद्र सिंह चुनाव मैदान में हैं। इनके अलावा अमित कुमार जैन, दुष्यंत, मोहम्मद अकरम रजा, राहुल कुशवाहा, विक्रांत त्यागी और विजय कुमार त्यागी निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ रहे हैं। इस सीट पर कुल 1,28,595 मतदाता हैं। इनके लिए 127 मतदान केंद्र निर्धारित किए गए हैं। शिक्षक सीट पर 10 प्रत्याशी शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र मेरठ-सहारनपुर खंड में भाजपा के श्रीचंद शर्मा और सपा के नितिन कुमार तोमर प्रत्याशी हैं। इनके अलावा कुलदीप मलिक, तनुज गंभीर, पंकज कुमार, बाकिर हुसैन, स्वराज पाल, सुशील, डॉ. सुशील कुमार पुंडीर और हरकेश सिंह चुनाव मैदान में हैं। इस सीट पर 64,525 मतदाता हैं और मतदान के लिए 121 केंद्र निर्धारित किए गए हैं। मेरठ में 22,100 मतदाता करेंगे मतदान मेरठ जिले में शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के 6,500 और स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के 15,600 मतदाता अपने वोट का प्रयोग करेंगे। जिले में कुल 107 बूथ बनाए गए हैं, जिनमें 30 शिक्षक और 77 स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के हैं। प्रशासन ने सभी केंद्रों पर सुरक्षा और मतदान संबंधी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की हैं। कृषि विश्वविद्यालय में जमा होंगे बैलट बॉक्स मतदान के बाद बैलट बॉक्स सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय परिसर में बनाए गए स्ट्रांग रूम में जमा कराए जाएंगे। डीएम ने बताया कि मेरठ के साथ अन्य संबंधित जिलों की बैलट बॉक्स भी यहीं जमा होंगे । स्ट्रांग रूम और बैलट बॉक्स की सुरक्षा के लिए आवश्यक इंतजाम किए गए हैं। सोशल मीडिया पर भी रहेगी निगरानी चुनाव के दौरान अफवाह फैलाने वालों पर प्रशासन की नजर रहेगी। डीएम ने बताया कि जिला प्रशासन और पुलिस की सोशल मीडिया टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं। किसी भी तरह की अफवाह फैलाने या माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए कंट्रोल रूम भी सक्रिय रहेगा। स्नातक मतदाताओं को विशेष अवकाश डीएम ने बताया कि निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुसार पात्र स्नातक मतदाताओं को मतदान के लिए विशेष अवकाश देने का प्रावधान किया गया है। जिला निर्वाचन कार्यालय की ओर से भी इस संबंध में निर्देश जारी किए गए हैं। संस्थानों से अपील की गई है कि वे पात्र मतदाताओं को अवकाश दें, ताकि कोई भी मतदाता अपने मताधिकार के प्रयोग से वंचित न रहे।
कानपुर देहात के मूसानगर थाना क्षेत्र के मुसरिया गांव में अपनी बहन के घर आई 13 वर्षीय किशोरी की बुखार और पेट दर्द के बाद संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजनों ने डॉक्टर पर गलत दवा देने का आरोप लगाया है। मामले की जानकारी मिलने पर पुलिस ने शव का पंचायतनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। वहीं, स्वास्थ्य विभाग ने डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई के लिए टीम भेजने की बात कही है। जानकारी के अनुसार, कानपुर नगर के सजेती थाना क्षेत्र के निमधा गांव निवासी मुखलाल की 13 वर्षीय बेटी शोभा अपनी मां सुक्खी के साथ मूसानगर क्षेत्र के मुसरिया गांव में अपनी बहन पिंकी और जीजा ताहर सिंह के घर आई थी। मंगलवार दोपहर अचानक शोभा के पेट में दर्द होने लगा और उसे तेज बुखार आ गया। परिजन उसका इलाज एक स्थानीय डॉक्टर से करा रहे थे। परिजनों के मुताबिक, बुधवार शाम करीब चार बजे किशोरी को दोबारा तेज बुखार आया। इस पर डॉक्टर ने उसे इंजेक्शन लगाने के साथ दवा दी। आरोप है कि इसके करीब आधे घंटे बाद शोभा की मौत हो गई। किशोरी की मौत से परिवार में कोहराम मच गया। इसके बाद जीजा ताहर सिंह ने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंचीं थाना प्रभारी अमिता वर्मा और उपनिरीक्षक सुनील वर्मा ने आवश्यक कार्रवाई करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतका की मां और जीजा ने डॉक्टर पर गलत दवा देने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की है। थाना प्रभारी अमिता वर्मा ने बताया कि तहरीर मिलने और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं, स्वास्थ्य विभाग के नोडल अधिकारी अशोक कुमार ने बताया कि मामले की जांच के लिए टीम भेजी गई है। डॉक्टरों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। किशोरी की मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
यमुनानगर के छप्पर क्षेत्र में PWD रेस्ट हाउस के सामने तेज रफ्तार टाटा सफारी ने आगे चल रहे थ्रीव्हीलर को पीछे से टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि थ्रीव्हीलर सड़क किनारे डिवाइडर से टकराकर पलट गया, जबकि टक्कर मारने वाली टाटा सफारी सड़क से नीचे खदान में जा गिरी। हादसे में थ्रीव्हीलर चालक गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई। मृतक की पहचान यमुनानगर के अंबेडकर भवन निवासी कन्हैया लाल के रूप में हुई है। पुलिस ने प्रत्यक्षदर्शी की शिकायत पर टाटा सफारी चालक के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। टक्कर के बाद चालक हो गया था बेहोश पुलिस को दी शिकायत में गांव काठवाला निवासी परमजीत सिंह उर्फ पम्मा ने बताया कि वह खेतीबाड़ी करता है। वह मुस्तफाबाद अनाज मंडी से मोटरसाइकिल पर अपने गांव लौट रहा था। जब वह छप्पर में PWD रेस्ट हाउस के सामने पहुंचा तो उसके आगे एक थ्रीव्हीलर चल रहा था। इसी दौरान पीछे से सफेद रंग की टाटा सफारी तेज रफ्तार से आई और थ्रीव्हीलर को टक्कर मार दी। परमजीत सिंह के अनुसार, टक्कर लगते ही थ्रीव्हीलर सड़क किनारे डिवाइडर से टकराकर पलट गया। वहीं, टक्कर मारने वाली टाटा सफारी सड़क से नीचे खदान में जा गिरी। थ्रीव्हीलर चालक के सिर और शरीर पर कई जगह चोटें आईं और वह मौके पर ही बेहोश हो गया। एंबुलेंस द्वारा घायल चालक को सिविल अस्पताल जगाधरी पहुंचाया। अस्पताल में हुई कन्हैया लाल की मौत पुलिस की कार्रवाई के अनुसार, शुरुआत में घायल थ्रीव्हीलर चालक की पहचान नहीं हो पाई थी। पुलिस को अस्पताल से उसकी मौत की सूचना मिली। इसके बाद पुलिस ने मृतक की पहचान कन्हैया लाल पुत्र रामबक्श निवासी अंबेडकर भवन, यमुनानगर के रूप में की। थाना छप्पर प्रभारी प्रमोद कुमार ने बताया कि शिकायत के आधार पर टाटा सफारी चालक के खिलाफ केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। वहीं कन्हैया लाल के शव का पोस्टमार्टम करा उनके परिजनों को सौंप दिया है।
सीतापुर के इमलिया सुल्तानपुर थाना क्षेत्र के केशवपुर गांव में बुधवार आधी रात चोरों ने दो घरों को निशाना बनाया। चोर दोनों घरों से करीब 15 लाख रुपये कीमत के जेवरात और नकदी चोरी कर ले गए। वारदात को अंजाम देने के लिए चोर छत के रास्ते घरों में दाखिल हुए और कमरों के ताले तोड़ दिए। एक ही रात में दो घरों में चोरी से गांव में दहशत का माहौल है। सूचना मिलने पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी। जानकारी के अनुसार, चोरों ने सबसे पहले गांव निवासी शिक्षक जितेंद्र सिंह के घर को निशाना बनाया। चोर छत के सहारे घर में दाखिल हुए और कमरे का ताला तोड़कर अंदर रखा बक्सा उठा ले गए। बक्से में करीब सात तोला सोना, जिसकी कीमत लगभग 12 लाख रुपये बताई गई है, एक किलो चांदी और 50 हजार रुपये की नकदी रखी थी। अशोक सिंह के घर से भी बक्सा ले गए चोर इसके बाद चोरों ने गांव के ही अशोक सिंह के घर में चोरी की। यहां भी चोर छत के रास्ते घर में घुसे और कमरे का ताला तोड़कर बक्सा उठा ले गए। बक्से में करीब पांच तोला सोना, आधा किलो चांदी और तीन हजार रुपये की नकदी रखी हुई थी। रास्ते और बाग में मिले खाली बक्से दोनों घरों में चोरी का पता चलने पर परिजनों ने सामान की तलाश शुरू की। इस दौरान चोरी किए गए बक्से खेतों की ओर जाने वाले रास्ते और गांव के बाहर स्थित बाग में खुले पड़े मिले। बक्सों में रखा सामान बिखरा हुआ था। आशंका है कि चोर जेवरात और नकदी निकालने के बाद बक्से वहीं छोड़कर फरार हो गए। घटना की सूचना मिलने पर इमलिया सुल्तानपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और पीड़ित परिवारों से जानकारी ली। प्रभारी निरीक्षक आशीष तिवारी के मुताबिक, मामले की जांच-पड़ताल की जा रही है। एक ही रात में दो घरों में चोरी की वारदात से ग्रामीणों में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
संभल में घर के बाहर झाड़ू लगा रही 80 साल की बुजुर्ग महिला को 1 पिकअप गाड़ी ने रौंद दिया। परिजन महिला को इलाज के लिए सरकारी अस्पताल लेकर गए, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। हादसा जिजौंड़ा पुलिस चौकी के ठीक सामने गुरुवार की सुबह 6:30 बजे हुआ। मृतक महिला घर पर अपनी बेटी और नातिन के साथ रह रहीं थी। संभल के जिला मुख्यालय से 38 किलोमीटर दूर तहसील गुन्नौर के थाना बबराला क्षेत्र के गांव जिजौंड़ा में पुलिस चौकी के ठीक सामने यह हादसा हुआ। मृतक महिला की पहचान 80 साल की रूपवती पुत्री रामस्वरूप के रूप में हुई है। रूपवती का 1 बेटा और 5 बेटी हैं। बेटा मुकेश शर्मा लखनऊ की फार्मा कंपनी में नौकरी करता है। मुकेश ने बताया कि उनकी मां घर पर उनकी बड़ी बहन बेबी शर्मा के साथ रहतीं थी। घर पर बहन का बेटा मोंटी शर्मा भी रहता था। वह सुबह घर के बाहर झाड़ू लगा रहीं थी। बदायूं के दहगवां से जनपद बुलंदशहर के जहांगीराबाद मंडी समिति में धान बेचने जा रही 1 पिकअप गाड़ी ने इस दौरान उन्हें रौंद दिया। शोर मचने के बाद मोंटी शर्मा, भतीजे हरीश शर्मा और पुनीत शर्मा ने 4 किलोमीटर पीछा करके पिकअप गाड़ी को पकड़ लिया। घटना की सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने गाड़ी को अपने कब्जे में ले लिया। हादसे के बाद रूपवती को इलाज के सीएचसी लेकर जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। रूपवती की चार अन्य बेटियों में विजयलक्ष्मी, हरवेश, सर्वेश और मंजू शर्मा हैं। सभी की शादी हो चुकी है और वह अपने-अपने ससुराल में हैं। हादसे की सभी को सूचना दे दी गई है। थाना बबराला प्रभारी लवनीश चौधरी ने बताया कि सड़क हादसे में महिला की मौत हुई है। पिकअप को कब्जे में ले लिया है और शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। अभी परिजनों की ओर से कोई शिकायत नहीं दी गई है। आगे की कार्रवाई शिकायत के आधार पर की जाएगी।
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में दशहरा के अगले दिन दुर्गा प्रतिमाओं का विसर्जन शुरू हो चुका है, लेकिन इसी बीच एक मारपीट का VIDEO सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। जिसमें दो पक्षों के बीच जमकर लात-घुसों चल रहे हैं और इसकी किसी ने वीडियो बना लिया। मारपीट का मामला चक्रधर नगर थाना क्षेत्र का है। मिली जानकारी के मुताबिक बुधवार को शहर के अलग-अलग स्थानों के दुर्गा पंडालो से दुर्गा प्रतिमा विसर्जन के लिए निकाली जा रही थी। चक्रधर नगर चौक के दुर्गा पंडाल से भी प्रतिमा विसर्जन के लिए जा चुकी थी, लेकिन बाद में पंडाल के बाहर दो पक्षों के बीच मारपीट शुरू हो गई। युवक एक दूसरे को लात-घुसों और डंडे से पीट रहे थे। बताया जा रहा है कि रामपुर क्षेत्र में किसी बात को लेकर इनके बीच विवाद हुआ था और उसी बात को लेकर मारपीट हुआ। इसी दौरान किसी ने दूर से मोबाइल से वीडियो बना लिया, जिसमें देखा जा रहा है कि युवकों के बीच किस तरह से मारपीट हो रहा है। दोनों पक्षों की ओर से FIR कराया जा रहावहीं वीडियों में यह भी देखा जा रहा है कि पास ही महिला पुलिसकर्मी भी हैं। इसके अलावा लोगों की काफी भीड़ भी मौके पर पहुंच गई थी। बताया जा रहा है कि घटना के बाद मामले की सूचना थाना में दी गई। जिसके बाद दोनों पक्षों के द्वारा थाना पहुंचकर FIR दर्ज कराया जा रहा है। फिलहाल मामले में पुलिस आगे की कार्रवाई में जूट गई है।
रायपुर में हाई अलर्ट के बीच चोरों ने हीरापुर इलाके में स्थित अमरनाथ इस्पात फैक्ट्री में घुसकर चौकीदार को बंधक बना लिया और उसकी बेदम पिटाई की। इसके बाद करीब 800 किलो कॉपर वायर काटकर ले गए। चोरी हुए वायर की कीमत करीब 10 से 12 लाख रुपए बताई जा रही है। कबीर नगर पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार देर रात चोरों ने फैक्ट्री में दबिश दी थी। चोर फैक्ट्री में दाखिल हुए तो वहां तैनात चौकीदार को पकड़ लिया। उसे बांधकर बेरहमी से पीटा गया, जिससे वह विरोध न कर सके और शोर न मचा पाए। इसके बाद आरोपियों ने फैक्ट्री में रखे कॉपर वायर को काटा और बड़ी मात्रा में उसे लेकर फरार हो गए। फैक्ट्री के चौकीदार के अनुसार वारदात रात करीब डेढ़ बजे शुरू हुई और सुबह 5 बजे तक आरोपी फैक्ट्री में मौजूद रहे। देखिए तस्वीरें… सबूत मिटाने के लिए CCTV और DVR भी ले गए चोरी की वारदात को अंजाम देने के बाद चोर फैक्ट्री में लगे CCTV कैमरे और रिकॉर्डिंग के लिए इस्तेमाल होने वाला DVR भी उखाड़कर ले गए। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मामले की जांच में जुटी है। कबीर नगर और एसीसीयू की संयुक्त टीम मामले में जांच कर रही है।
उन्नाव के बौनामऊ गांव की रहने वाली सीमा ने प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना की पात्रता सूची से नाम हटाने को लेकर शिकायत की है। उनका आरोप है कि 20 हजार रुपये न देने पर सूची से उनका नाम काट दिया गया। सीमा ने गुरुवार को डीएम कार्यालय में शिकायत देकर मामले की जांच कराने और आवास योजना का लाभ दिलाने की मांग की। सीमा ने ग्राम पंचायत मित्र रोजगार सेवक बुद्धीलाल और ग्राम विकास अधिकारी सुनील कुमार त्रिवेदी पर रुपये मांगने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि पहले उनका नाम पात्रता सूची में शामिल था, लेकिन करीब 8 से 10 दिन पहले इसे हटा दिया गया। सीमा ने आरोप लगाया कि रुपये नहीं देने के कारण उनके साथ ऐसा किया गया। कच्चे घर में रहती हैं, मजदूरी कर चलाती हैं परिवार सीमा अनुसूचित जाति से हैं और दिहाड़ी मजदूरी करके गुजारा करती हैं। उनके मुताबिक, वह कच्चे घर में रहती हैं और उन्हें आवास योजना के तहत मदद की जरूरत है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि रुपये नहीं देने के कारण उन्हें शौचालय योजना का लाभ भी नहीं मिला। जातिगत भेदभाव का भी लगाया आरोप सीमा ने शिकायत में जातिगत भेदभाव किए जाने का आरोप भी लगाया है। उन्होंने अधिकारियों से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और पात्रता के आधार पर योजना का लाभ दिलाने की मांग की है। हालांकि, लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। जनता दर्शन में मिला जांच का आश्वासन सीमा ने गुरुवार को डीएम कार्यालय में आयोजित जनता दर्शन के दौरान अपनी शिकायत रखी। शिकायत का संज्ञान लेते हुए एसडीएम ने जांच कर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। सीमा ने मांग की है कि उनकी पात्रता की दोबारा जांच कराई जाए और नियमानुसार उन्हें आवास योजना का लाभ दिया जाए।
सहारनपुर कलेक्ट्रेट परिसर स्थित विवादित मस्जिद को ध्वस्त किए जाने के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट में महत्वपूर्ण सुनवाई हुई। मुख्य शिकायतकर्ता और बजरंग दल के पूर्व प्रांत संयोजक विकास त्यागी के अनुसार, सुनवाई के दौरान उत्तर प्रदेश सरकार और सहारनपुर जिला प्रशासन की ओर से अपना जवाबी हलफनामा (काउंटर एफिडेविट) दाखिल किया गया। सरकार और प्रशासन का पक्ष रिकॉर्ड पर आने के बाद हाईकोर्ट ने मस्जिद पक्ष को जवाब का अध्ययन कर अपना प्रत्युत्तर (री-काउंटर) दाखिल करने के लिए तीन सप्ताह का समय दिया है। यह मामला सहारनपुर कलेक्ट्रेट परिसर में स्थित करीब 315 वर्ग मीटर सरकारी जमीन पर बने ढांचे से जुड़ा है। जमीन पर कब्जे, बेदखली और क्षतिपूर्ति को लेकर जिला स्तर पर लंबी कानूनी प्रक्रिया चली। इसके बाद प्रशासन ने 5 सितंबर 2026 को तड़के पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में बुलडोजर चलाकर ढांचे को ध्वस्त कर दिया था। कार्रवाई से पहले जमीन खाली कराने के आदेश और उनके खिलाफ चली न्यायिक प्रक्रिया इस विवाद के प्रमुख हिस्से रहे हैं। विकास त्यागी ने हाईकोर्ट में सरकार और प्रशासन की ओर से जवाब दाखिल किए जाने को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि इससे ध्वस्तीकरण की कार्रवाई के पक्ष में उनका कानूनी पक्ष मजबूत हुआ है। हालांकि, यह शिकायतकर्ता का दावा है। हाईकोर्ट में मामले की अंतिम स्थिति और दोनों पक्षों के तर्कों पर निर्णय होना अभी बाकी है। जुलाई में बेदखली का आदेश और सितंबर में ध्वस्तीकरण कलेक्ट्रेट परिसर की मस्जिद को लेकर विवाद केवल ध्वस्तीकरण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि जमीन के स्वामित्व, उसके वक्फ संपत्ति होने के दावे, सरकारी अभिलेखों और प्रशासनिक कार्रवाई के अधिकार को लेकर भी अदालतों में सवाल उठे। इस प्रकरण में 16 जुलाई 2026 को नगर मजिस्ट्रेट ने बेदखली और क्षतिपूर्ति का आदेश दिया था। इसके खिलाफ अपील जिला जज की अदालत में दाखिल की गई, जिसे 2 सितंबर को खारिज कर दिया गया। इसके तीन दिन बाद 5 सितंबर को प्रशासन ने ढांचा ध्वस्त कर दिया। 22 अक्टूबर 2026 को सरकार और प्रशासन ने जवाब दाखिल किया, अब मस्जिद पक्ष को प्रत्युत्तर देना है। मुख्य शिकायतकर्ता विकास त्यागी के अनुसार, आज की सुनवाई में राज्य सरकार और सहारनपुर जिला प्रशासन की ओर से काउंटर हलफनामा दाखिल किया गया। इसके बाद मस्जिद पक्ष को जवाब का अध्ययन कर तीन सप्ताह के भीतर अपना प्रत्युत्तर दाखिल करने का समय दिया गया। इस समयसीमा के बाद मामले की अगली सुनवाई में दोनों पक्षों के तर्क महत्वपूर्ण होंगे। जमीन के स्वामित्व पर दोनों पक्षों के अलग-अलग दावे सरकारी पक्ष की ओर से अदालत में दलील दी गई कि विवादित जमीन सरकारी अभिलेखों में कलेक्ट्रेट या कचहरी के नाम दर्ज है। सरकारी वकील ने यह भी सवाल उठाया कि मस्जिद पक्ष जमीन को मूल रूप से निजी व्यक्तियों की संपत्ति बताने के साथ वक्फ संपत्ति होने का दावा कर रहा है, लेकिन वक्फ के लिए जमीन समर्पित किए जाने का दस्तावेज पेश नहीं किया गया। दूसरी ओर, मस्जिद पक्ष की याचिका में दावा किया गया कि जमीन मूल रूप से याकूब खान और वाहिद खान की थी और उसका इस्तेमाल वक्फ के रूप में किया जा रहा था। याचिका में यह भी कहा गया कि मस्जिद लंबे समय से वहां मौजूद थी तथा बेदखली और ध्वस्तीकरण से जुड़े आदेश कानूनी अधिकार क्षेत्र से बाहर थे। ये दोनों पक्षों के अदालत में रखे गए तर्क हैं; इन पर अंतिम न्यायिक निष्कर्ष को अलग से देखना होगा। पढ़िए...पूरा मामला
हरियाणा के सरकारी कॉलेजों में कार्यरत प्रोफेसरों, एसोसिएट प्रोफेसरों और असिस्टेंट प्रोफेसरों के लिए पासपोर्ट (NOC) बनवाने की प्रक्रिया को लेकर उच्च शिक्षा निदेशालय (DGHE) ने सख्त कदम उठाया है। निदेशालय ने पाया है कि कॉलेजों के प्राचार्य बिना रिकॉर्ड की सही जांच किए और अधूरे दस्तावेजों के साथ पासपोर्ट NOC की फाइलें भेज रहे हैं। इससे मुख्यालय में बेवजह की लिखापढ़ी होती है और मामलों में देरी होती है। इस अव्यवस्था को खत्म करने के लिए उच्च शिक्षा महानिदेशक कार्यालय (पंचकूला) की ओर से प्रदेश के सभी सरकारी कॉलेजों के प्राचार्यों को स्पष्ट दिशानिर्देश जारी किए गए हैं। अब प्राचार्यों को 5 प्रमुख बिंदुओं की चेकलिस्ट के आधार पर फाइल की पूरी जांच करने के बाद ही NOC के केस मुख्यालय भेजने होंगे। विजिलेंस केस पर देनी होगी क्लीयरेंस निदेशालय ने स्पष्ट किया है कि प्राचार्यों को यह प्रमाणित करना होगा कि आवेदक के खिलाफ नियम-7 के तहत कोई अनुशासनात्मक कार्रवाई या विजिलेंस केस पेंडिंग नहीं है। साथ ही आवेदक को यह अंडरटेकिंग भी देनी होगी कि वह विदेश में जाकर छुट्टी बढ़ाने की अर्जी नहीं देगा और न ही वहां कोई नौकरी/सेवा करेगा।
कौशांबी मामूली विवाद के बाद मारपीट और फायरिंग का मामला सामने आया है। घायल युवक के पिता ने आरोपियों के खिलाफ गुरुवार को सिंघिया चौकी में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की। पुलिस का कहना है कि शिकायत मिली है और मामले की जांच की जा रही है। घटना 21 अक्टूबर का है। जिसका वीडियो गुरुवार को सामने आया है। गांव निवासी राम सिंह के मुताबिक, उनका बेटा आकाश गांव के कुछ युवकों के साथ भैंस चरा रहा था। इसी दौरान गांव का उच्ची पांडेय वहां पहुंचा और किसी बात को लेकर आकाश से गाली-गलौज करने लगा। विवाद बढ़ने पर उसने अपने साथियों को फोन कर बुला लिया। इसके बाद मारपीट हुई और ग्रामीणों के जुटने पर आरोपी मौके से भाग निकले। के कोखराज थाना क्षेत्र 21 अक्टूबर की शाम फोन कर साथियों को बुलाने का आरोप राम सिंह के अनुसार, 21 अक्टूबर को शाम करीब 5 बजे आकाश भैंस चरा रहा था। इसी दौरान उच्ची पांडेय से उसका विवाद हो गया। आरोप है कि उच्ची ने फोन कर अपने साथियों को मौके पर बुला लिया। कुछ देर बाद उसके साथी बाइक से दो नाली बंदूक लेकर पहुंचे और आकाश से मारपीट करने लगे। बंदूक की बट से पीटा, जातिसूचक गालियां दीं आरोप है कि मौके पर पहुंचे युवकों ने आकाश को जातिसूचक गालियां दीं और बंदूक की बट से उसकी पिटाई की। मारपीट में आकाश घायल हो गया। इसके बाद आरोपियों ने दहशत फैलाने के लिए फायरिंग भी की। गोली चलने की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके की ओर दौड़े। ग्रामीण जुटे तो बाइक से भाग निकले आरोपी शोरगुल सुनकर ग्रामीणों की भीड़ जुटने लगी। आरोप है कि खुद को घिरता देख आरोपी आकाश को जान से मारने की धमकी देते हुए बंदूक लेकर बाइक से फरार हो गए। घटना के दौरान आरोपियों के बंदूक लेकर भागने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। पिता ने चौकी में दी तहरीर, पुलिस कर रही जांच घायल आकाश के पिता राम सिंह ने गुरुवार को सिंघिया चौकी में तहरीर देकर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। सिंघिया चौकी प्रभारी आलोक राज ने बताया कि मामले में तहरीर मिली है। पुलिस शिकायत के आधार पर छानबीन कर रही है। आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
स्कूल जाते समय टीचर की सड़क हादसे में मौत:लखीमपुर-गोला मार्ग पर ट्रक ने मारी टक्कर, चालक फरार
लखीमपुर के बेहजम ब्लॉक के यंगपुर स्कूल में तैनात शिक्षक परमानंद (46) की गुरुवार सुबह सड़क हादसे में मौत हो गई। वह रोज की तरह अपनी बुलेट बाइक से स्कूल जा रहे थे। लखीमपुर-गोला मार्ग पर ढसरापुर तिराहे के पास यह हादसा हुआ। पीछे से आ रहे एक ट्रक ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि परमानंद ट्रक के अगले हिस्से में दब गए और गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। एंबुलेंस की मदद से घायल शिक्षक को जिला अस्पताल ओयल भेजा गया, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनकी जान चली गई। घटना के बाद ट्रक चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त ट्रक और बाइक को कब्जे में ले लिया है। फरार चालक की तलाश की जा रही है और हादसे के संबंध में आगे की कार्रवाई जारी है।
कानपुर देहात में रबी सत्र 2026-27 के लिए किसानों को अनुदान पर बीज उपलब्ध कराने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। कृषि विभाग ने राजकीय कृषि बीज भंडारों के माध्यम से बीजों की बुकिंग शुरू करा दी है। योजना के तहत किसानों को गेहूं, जौ, चना, मटर, मसूर और राई के सामान्य बीज 50 प्रतिशत अनुदान पर मिलेंगे। वहीं, राई की मिनीकिट निशुल्क प्राप्त करने के लिए भी बुकिंग कराई जा सकती है। कृषि विभाग की योजना के तहत रबी फसलों की बुवाई के लिए किसानों को गुणवत्तापूर्ण बीज उपलब्ध कराए जाएंगे। गेहूं, जौ, चना, मटर, मसूर और राई के सामान्य बीजों पर 50 प्रतिशत अनुदान दिया जाएगा। इसके अलावा राई की मिनीकिट निशुल्क उपलब्ध कराने की व्यवस्था है। इससे किसानों को खेती की लागत कम करने में मदद मिलेगी। वेबसाइट पर ऑनलाइन कर सकते हैं बुकिंग जिला कृषि अधिकारी प्राची पांडेय ने बताया कि इच्छुक किसान कृषि विभाग की आधिकारिक वेबसाइट www.agriculture.up.gov.in पर जाकर बीजों की ऑनलाइन बुकिंग कर सकते हैं। किसान अपनी जरूरत और फसल के अनुसार बीज का चयन कर सकते हैं। बीज भंडार और कृषि कार्यालय में भी सुविधा जो किसान खुद ऑनलाइन बुकिंग नहीं कर पा रहे हैं, वे अपने नजदीकी कृषि विभाग कार्यालय या राजकीय कृषि बीज भंडार पर जाकर मदद ले सकते हैं। यहां कार्यालय समय में बीजों की बुकिंग कराने की सुविधा उपलब्ध है। कृषि विभाग ने किसानों से अपील की है कि वे रबी सीजन की बुवाई के लिए अपनी जरूरत के अनुसार समय रहते बीजों की बुकिंग करा लें। इससे बुवाई के समय बीजों की उपलब्धता को लेकर परेशानी से बचा जा सकेगा। योजना की अधिक जानकारी के लिए किसान नजदीकी कृषि विभाग कार्यालय या राजकीय कृषि बीज भंडार से संपर्क कर सकते हैं।
शाजापुर में आवारा कुत्ते ने 7 लोगों को काटा:5 साल की बच्ची शिकार, घर के बाहर खेल रही थी
शाजापुर शहर के मुगलपुरा और जमातखाना इलाके में एक आवारा कुत्ते ने सात लोगों पर हमला कर उन्हें घायल कर दिया। सभी घायलों को इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हमले में पांच साल की बच्ची अमाईजा भी शामिल है, जो अपने घर के बाहर खेल रही थी। कुत्ते ने उस पर हमला कर दिया। घायलों में विनोद कल्याणी (45), रोहित, जितेंद्र, वेदांश, दिलीप, जैनब, मोहम्मद लतीफ और पूजा भी शामिल हैं। इन सभी को कुत्ते के काटने के बाद जिला अस्पताल पहुंचाया गया। शहर में आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या से लोग परेशान हैं।
बालोद में क्वांर नवरात्र के समापन पर बालोद में बुधवार देर रात तक मां दुर्गा की प्रतिमाओं का विसर्जन जारी रहा। नौ दिनों तक पूजा-अर्चना के बाद मां दुर्गा, काली और सरस्वती की प्रतिमाओं के साथ ज्योत-जंवारा की विसर्जन यात्राएं निकाली गईं। बाजे-गाजे, जसगीतों और जयकारों के बीच श्रद्धालुओं ने नम आंखों से माता रानी को विदाई दी। गंगासागर तालाब में विधि-विधान से प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया। विसर्जन के बाद दुर्गा पंडालों की रौनक थम गई और पंडाल सूने नजर आने लगे। मंगलवार से शुरू हुआ विसर्जन का सिलसिला नगर के कई दुर्गा और सरस्वती पंडालों में मंगलवार से ही पूजा-अर्चना के बाद विसर्जन यात्राएं निकाली जाने लगी थीं। देर शाम तक प्रतिमाओं के विसर्जन का दौर चलता रहा। बुधवार को नया बस स्टैंड स्थित काली माता मंदिर, पांडेपारा, बुधवारी बाजार, बूढ़ापारा, नयापारा और शिकारीपारा सहित कई वार्डों में स्थापित देवी प्रतिमाओं की नगर भ्रमण के बाद विसर्जन यात्रा निकाली गई। शिकारीपारा की शोभायात्रा में सांगा बाना आकर्षण का केंद्र शिकारीपारा दुर्गोत्सव समिति की ओर से निकाली गई विसर्जन शोभायात्रा में सांगा बाना आकर्षण का केंद्र रहा। इसमें छोटे बच्चों से लेकर युवाओं तक ने गाल में बाना गोदकर भाग लिया। धुमाल की धुन और जसगीतों पर श्रद्धालु झूमते रहे। जय अंबे, जय दुर्गे और दुर्गा मैया के जयकारों से नगर का माहौल भक्तिमय बना रहा। नौ दिनों तक पूजा-अर्चना और उत्सव के बाद श्रद्धालुओं ने माता रानी को विदाई दी।
मेरठ में सरकारी रिकॉर्ड में जिंदा बच्चों को मृत दर्शाकर राशन कार्ड से उनके नाम काट दिए गए। परिवार के मुखिया की यूनिट भी परिवार का विभाजन दर्शाकर निरस्त कर दी गई। मामला सिवालखास विधानसभा क्षेत्र के गांव किनौनी का है। राशन कार्ड से परिवार के सदस्यों के नाम काटे जाने के बाद पीड़ित महिला ने विभागीय अधिकारियों से शिकायत की लेकिन आरोप है कि किसी ने सुनवाई नहीं की। अब सिवालखास विधायक गुलाम मोहम्मद के प्रतिनिधि दिनेश गुप्ता ने जिलाधिकारी और जिला आपूर्ति अधिकारी से शिकायत कर मामले में जांच और दोषी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। गांव किनौनी, विकास खंड रोहटा निवासी सोनाक्षी पत्नी योगेश के नाम राशन कार्ड बना हुआ है। शिकायत के मुताबिक, राशन कार्ड संख्या 213840655396 में सोनाक्षी समेत परिवार के छह सदस्यों की यूनिट दर्ज थीं। इनमें सोनाक्षी के ससुर कालू की यूनिट को विस्थापित दर्शाकर निरस्त कर दिया गया। इसके अलावा उनके दो बच्चों देव और परी की यूनिट भी काट दी गईं। चौंकाने वाली बात यह है कि दोनों बच्चों को रिकॉर्ड में मृत दर्शाया गया है, जबकि वे जीवित हैं और परिवार के साथ रहते हैं। परिवार साथ, फिर भी पति का नाम काटाशिकायत में बताया गया है कि सोनाक्षी के पति योगेश की यूनिट भी परिवार का विभाजन दर्शाकर निरस्त कर दी गई। जबकि परिवार एक साथ रहता है। इस तरह राशन कार्ड से परिवार के कई सदस्यों के नाम कट गए। अब कार्ड में केवल सोनाक्षी और उनके एक बेटे विराट का नाम ही शेष बताया गया है। परिवार का आरोप है कि गलत जानकारी के आधार पर यूनिट निरस्त किए जाने से उन्हें सरकारी सुविधाओं और योजनाओं का लाभ लेने में परेशानी हो सकती है। विभाग में शिकायत की, नहीं हुई सुनवाईसोनाक्षी का आरोप है कि राशन कार्ड से नाम काटे जाने के बाद उन्होंने संबंधित विभाग में शिकायत की, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ। इसके बाद उन्होंने सिवालखास विधायक गुलाम मोहम्मद से मामले की शिकायत की। विधायक ने अपने प्रतिनिधि दिनेश गुप्ता के माध्यम से जिलाधिकारी को शिकायती पत्र भिजवाया है। इसमें राशन कार्ड का रिकॉर्ड जांचने, गलत प्रविष्टियों को दुरुस्त कराने और जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है। सरकारी योजनाओं के लाभ पर भी संकटदिनेश गुप्ता का कहना है कि जीवित बच्चों को मृत दर्शाकर राशन कार्ड से नाम काटना गंभीर मामला है। इस तरह की गलत प्रविष्टि से बच्चों के सरकारी रिकॉर्ड में भी परेशानी पैदा हो सकती है। परिवार को आशंका है कि राशन कार्ड में नाम नहीं होने के कारण उन्हें पात्रता आधारित सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में दिक्कत आएगी। उन्होंने प्रशासन से पूरे मामले की जांच कराकर बच्चों के नाम सही दर्ज कराने और परिवार की निरस्त यूनिटों की स्थिति स्पष्ट करने की मांग की है। पहले भी सामने रहे गलत तरीके से यूनिट काटने के मामलेराशन कार्ड से गलत सूचना के आधार पर यूनिट निरस्त किए जाने की शिकायतें पहले भी सामने आती रही हैं। हालांकि, किनौनी का मामला इसलिए गंभीर है क्योंकि इसमें दो जीवित बच्चों को मृत दर्शाकर नाम काटने का आरोप है। इससे राशन कार्ड में दर्ज सूचनाओं के सत्यापन और नाम काटने की प्रक्रिया पर सवाल खड़े हो रहे हैं। अब प्रशासनिक जांच के बाद ही स्पष्ट होगा कि बच्चों को मृत दर्ज करने और परिवार के अन्य सदस्यों की यूनिट निरस्त करने के पीछे क्या वजह रही तथा इसके लिए कौन जिम्मेदार है। खबर अपडेट हो रही है…
जौनपुर स्थित वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में स्नातक और स्नातकोत्तर के विषम सेमेस्टर की परीक्षाओं के लिए ऑनलाइन फॉर्म भरने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। कुलपति प्रो. राकेश कुमार सिंह के निर्देश पर परीक्षा फॉर्म भरने का कार्यक्रम जारी किया गया है। परीक्षा नियंत्रक डॉ. विनोद कुमार सिंह के अनुसार, विद्यार्थियों को निर्धारित तारीखों के भीतर सभी औपचारिकताएं पूरी करनी होंगी। परीक्षा नियंत्रक के मुताबिक, ऑनलाइन विषयों के चयन और सत्यापन की अंतिम तारीख 26 अक्टूबर निर्धारित की गई है। परीक्षा फॉर्म भरने और उनके सत्यापन की प्रक्रिया 30 अक्टूबर तक पूरी करनी होगी। वहीं, ऑनलाइन परीक्षा शुल्क 31 अक्टूबर 2026 तक जमा किया जा सकेगा। अलग-अलग पोर्टल से भरे जाएंगे परीक्षा फॉर्म स्नातक प्रथम और तृतीय सेमेस्टर के साथ परास्नातक सातवें और नौवें सेमेस्टर के संस्थागत व कैरी फॉरवर्ड परीक्षा फॉर्म समर्थ पोर्टल के माध्यम से भरे जाएंगे। पंचम सेमेस्टर के लिए पुराना पोर्टल स्नातक पंचम सेमेस्टर के संस्थागत और कैरी फॉरवर्ड परीक्षा फॉर्म विश्वविद्यालय के पुराने पोर्टल से भरे जाएंगे। इसके अलावा, छूटे हुए सेमेस्टर के परीक्षा फॉर्म भी पुराने पोर्टल के माध्यम से ही भरे जाने हैं। विद्यार्थियों को फॉर्म भरते समय अपने सेमेस्टर के अनुसार संबंधित पोर्टल का इस्तेमाल करना होगा। समय पर औपचारिकताएं पूरी करने के निर्देश विश्वविद्यालय प्रशासन ने सभी विभागाध्यक्षों, संकायाध्यक्षों और महाविद्यालयों के प्राचार्यों को परीक्षा संबंधी औपचारिकताएं समय से पूरी कराने के निर्देश दिए हैं। इसका उद्देश्य मुख्य परीक्षाओं को निर्धारित समय पर आयोजित करना है। परिणाम संबंधी जानकारी के लिए विद्यार्थी support@vbspu.ac.in पर ईमेल भेज सकते हैं।
लखीमपुर खीरी जिले के गोला गोकर्णनाथ क्षेत्र में गुरुवार सुबह तेज रफ्तार डीसीएम ने बाइक सवार युवक को रौंद दिया। हादसा बांकेगंज मार्ग पर दीपक ट्रेडर्स के पास का है। हादसा इतना भीषण था कि युवक की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, दुर्घटना सुबह करीब 10:30 बजे की है। मृतक की पहचान बांकेगंज की ग्राम पंचायत ग्रंट नंबर 11 निवासी 43 वर्षीय छत्रपाल पुत्र तोखन लाल के रूप में हुई है। छत्रपाल अपनी बाइक से किसी काम से निकले थे, तभी बांकेगंज रोड पर दीपक ट्रेडर्स के सामने अनियंत्रित डीसीएम ने उन्हें टक्कर मार दी। डीसीएम का पहिया सिर से गुजरा टक्कर के बाद डीसीएम का पहिया उनके सिर के ऊपर से गुजर गया, जिससे उन्होंने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। मृतक के भाई प्रमोद कुमार ने रोते-बिलखते हुए बताया कि छत्रपाल सुबह अपनी बेटी के स्कूल में एडमिशन के सिलसिले में घर से निकले थे। बेटी के बेहतर भविष्य की उम्मीद लेकर घर से निकले पिता के साथ हुए इस दर्दनाक हादसे की खबर जैसे ही गांव पहुंची, परिजनों में कोहराम मच गया। मृतक अपने पीछे पत्नी, दो बेटे और एक बेटी को छोड़ गए हैं। घटना के बाद से परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। गोला-बांकेगंज मार्ग पर लगा लंबा जाम हादसे के तुरंत बाद बांकेगंज रोड पर स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई, जिससे काफी देर के लिए आवागमन बाधित हो गया और मार्ग पर लंबा जाम लग गया। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाला। पुलिस ने शव को सड़क के किनारे करवाकर यातायात व्यवस्था बहाल कराई। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। साथ ही दुर्घटना को अंजाम देने वाली डीसीएम को कब्जे में ले लिया गया है और चालक के खिलाफ वैधानिक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
ग्वालियर में प्यार, शादी का झूठा वादा और फिर होटल के बंद कमरे में दुष्कर्म का मामला सामने आया है। पूरा मामला सिरौल थाना इलाके के कलारी चौराहा स्थित 'होटल सिरौल' का बताया जा रहा है। बुधवार को पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ बलात्कार की संगीन धाराओं में मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। होटल के कमरे में रची गई साजिशमिली जानकारी के अनुसार, आरोपी रोहित राजौरिया (निवासी फूटी कॉलोनी, सिरौल) ने युवती को अपने प्यार के जाल में फंसाया था। वह लगातार युवती को शादी का भरोसा दिला रहा था और उसका विश्वास जीत लिया। बीते 15 अक्टूबर को वह पीड़िता को बहला-फुसलाकर कलारी चौराहा के पास स्थित 'होटल सिरौल' ले गया। दोपहर 11:30 बजे से 1:00 बजे के बीच आरोपी ने शादी का झांसा देकर युवती के साथ दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया। वादे से मुकरा तो खुला राजघटना के बाद जब पीड़िता ने शादी का दबाव बनाया, तो आरोपी अपने वादे से मुकर गया और उसे डराने-धमकाने लगा। धोखे का अहसास होते ही पीड़िता ने सिरौल थाने पहुंचकर आरोपी के काली करतूत का चिट्ठा पुलिस के सामने खोलकर रख दिया। पुलिस ने मामला दर्ज कियामामले की गंभीरता को देखते हुए सिरौल थाना पुलिस ने बुधवार देर रात आरोपी रोहित राजौरिया के खिलाफ बीएनएस (भारतीय न्याय संहिता) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।
पलवल में युवक पर चलाई गोली, सिर फोड़ा:पैसों को लेकर हुआ विवाद, भाग रहे हमलावर को पकड़कर पुलिस को सौंपा
पलवल के बंचारी गांव में दशहरा मेले के दौरान पैसों के पुराने विवाद में खूनी झड़प हुई। आरोपियों ने लाठी-डंडों, लोहे की रॉड और कट्टे से हमला कर तीन युवकों को गंभीर रूप से घायल कर दिया। शिकायत के मुताबिक, सौंध गांव के योगी ने अपने साथियों गुलशन, बबली, बॉबी, अंकित पंडित और तीन-चार अन्य के साथ मिलकर विजयपाल के बेटों राहुल और नीरज पर हमला किया। योगी ने राहुल पर देसी कट्टे से फायर किया, जिससे गोली सिर के पास से निकली और छर्रे कंधे-हाथ पर लगे। आरोपी को पकड़कर पुलिस को सौंपा इसके बाद, योगी ने कट्टे के बट से राहुल का सिर फोड़ दिया, जबकि अन्य ने डंडों से मारपीट की। घटना के बाद भागते समय भीड़ ने मुख्य आरोपी योगी को हथियार सहित पकड़कर पुलिस को सौंप दिया। मुंडकटी थाना पुलिस ने गुरुवार को विजयपाल की शिकायत पर चार नामजद समेत सात आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जबलपुर मुख्यालय से करीब 65 किलोमीटर दूर ग्राम कुंडा कला में बुधवार देर रात दुर्गा प्रतिमा के विसर्जन को लेकर विवाद की स्थिति बन गई। आरोप है कि पहली बार माता की स्थापना करने वाले सिलावट समाज के लोगों को विसर्जन के लिए जाते समय राजपूत समाज के लोगों ने रोक दिया। हालांकि, एसडीओपी आशुतोष द्विवेदी ने कहा कि किसी को नहीं रोका गया था। गली सकरी होने के कारण एक साथ दो प्रतिमाओं के जुलूस नहीं निकल सकते थे। पुलिस की मौजूदगी में शांतिपूर्वक विसर्जन कराया गया। रात 3 बजे विसर्जन के लिए निकले थे लोग ग्राम कुंडा कला में सिलावट समाज के लोगों ने इस साल पहली बार दुर्गा माता की स्थापना की थी। बुधवार रात करीब 3 बजे समाज के लोग झांकी के साथ प्रतिमा को विसर्जन के लिए नदी की ओर ले जा रहे थे। आरोप है कि इस दौरान राजपूत समाज के लोगों ने यह कहते हुए उन्हें रोक लिया कि गांव में अब तक एक ही स्थान पर माता की स्थापना होती आई है। विवाद बढ़ने पर बेलखेड़ा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। इसके बावजूद विसर्जन को लेकर सहमति नहीं बनी। नाराज लोग थाने पहुंचे, शिकायत दर्ज कराई और बाहर धरने पर बैठ गए। जानकारी मिलने पर समाजसेवी अभय प्रताप सिंह भी थाने पहुंचे और घटना का विरोध करते हुए कार्रवाई की मांग की। 5 घंटे सड़क पर खड़ी रही झांकी गांव के निवासी रमेश चौधरी ने बताया कि कुंडा कला की आबादी करीब 2500 से 3000 है। यहां हर साल राजपूत समाज के लोग दुर्गा माता की प्रतिमा स्थापित करते आ रहे हैं। इस साल सिलावट समाज के बच्चों ने भी माता की स्थापना करने का विचार किया। रमेश के मुताबिक, गांव के टीटू ठाकुर, रोहित ठाकुर और अन्य लोगों ने इसका विरोध किया। इसके बाद किसी तरह माता की स्थापना की गई। रमेश ने बताया कि बुधवार को सिलावट समाज के लोग जुलूस के साथ माता की प्रतिमा को गांव में घुमा रहे थे, तभी राजपूत समाज के लोगों ने उन्हें रोक लिया। करीब 4 से 5 घंटे तक प्रतिमा सड़क पर खड़ी रही। आगे जाने की अनुमति नहीं मिलने पर रमेश चौधरी और अन्य लोग बेलखेड़ा थाने पहुंचे और शिकायत दर्ज कराई। गुरुवार को पुलिस की मौजूदगी में दोनों प्रतिमाओं का शांतिपूर्वक विसर्जन हो गया। ‘एक साथ जुलूस निकलने पर विवाद की आशंका थी’ राजकुमार सिंह राजपूत ने कहा कि उन्होंने किसी को माता के विसर्जन से नहीं रोका। उनकी आपत्ति सिर्फ इतनी थी कि अगर दोनों जुलूस एक साथ निकलते हैं, तो विवाद की स्थिति बन सकती है। उन्होंने बताया कि जब वे लोग माता की प्रतिमा को पंडाल से ट्रैक्टर-ट्रॉली में रख रहे थे, उसी दौरान सिलावट समाज के लोग जुलूस लेकर सामने आ गए। इसके बाद उन्होंने अपना जुलूस स्थगित कर दिया। राजकुमार ने कहा कि अगर उन्हें आपत्ति करनी होती, तो वे 10 दिन पहले ही कर देते, जब माता की स्थापना की जा रही थी। समाजसेवी ने की कार्रवाई की मांग समाजसेवी अभय प्रताप सिंह ने घटना की निंदा करते हुए कहा कि आधुनिक युग में भी किसी समाज को धार्मिक आस्था और परंपराओं के अनुसार देवी विसर्जन जैसे आयोजन करने से रोकना दुखद और चिंताजनक है। उन्होंने कहा कि धर्म और आस्था के सम्मान में किसी भी तरह का भेदभाव नहीं होना चाहिए। प्रशासन की जिम्मेदारी सभी समाजों की धार्मिक भावनाओं, परंपराओं और सम्मान की रक्षा करना है। एसडीओपी बोले- सकरी गली के कारण हुई स्थिति एसडीओपी आशुतोष द्विवेदी ने कहा कि गांव में किसी तरह का विवाद नहीं हुआ और न ही माता के विसर्जन से किसी को रोका गया। उनके मुताबिक, गली सकरी थी और एक साथ दो प्रतिमाओं के जुलूस नहीं निकल सकते थे। पुलिस की मौजूदगी में शांतिपूर्वक विसर्जन करा दिया गया। स्थानीय विधायक नीरज सिंह ने कहा कि उन्हें घटना की जानकारी मिली थी। पुलिस की मौजूदगी में माता की प्रतिमाओं का विसर्जन कराया गया है।
महराजगंज जिला अस्पताल में गुरुवार को 20 से 25 दिव्यांगजन प्रमाण पत्र बनवाने पहुंचे। यहां बनी मेडिकल जांच कमेटी ने उनकी जांच की। चिकित्सकों ने दिव्यांगजनों की शारीरिक स्थिति देखी और नियमानुसार प्रमाण पत्र बनाने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई। चिकित्सकीय टीम में डॉ. निरंजन सिंह, डॉ. अनूप कुमार सिंह, डॉ. केशव प्रसाद, डॉ. पवन कुमार सिंह और डॉ. रंजन मिश्रा शामिल थे। कमेटी सदस्यों ने जरूरी औपचारिकताएं पूरी कीं। दिव्यांग प्रमाण पत्र पात्र लोगों के लिए एक जरूरी दस्तावेज है। इससे उन्हें शासन की अलग-अलग योजनाओं, पेंशन और अन्य सुविधाओं का लाभ लेने में मदद मिलती है। प्रमाण पत्र बनवाने के लिए मेडिकल जांच कराना जरूरी होता है। अस्पताल प्रशासन ने तय नियमों के हिसाब से जांच के बाद प्रमाण पत्र जारी करने की प्रक्रिया पूरी की। इससे पात्र दिव्यांगजनों को सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में आसानी होगी।
छिंदवाड़ा में शारदेय नवरात्रि के समापन के साथ ही दुर्गा प्रतिमाओं के विसर्जन का सिलसिला शुरू हो गया। बुधवार से शुरू हुआ विसर्जन गुरुवार देर रात तक जारी रहा। शहर के छोटा तालाब, कुलबेहरा नदी सहित अन्य विसर्जन स्थलों पर मंदिरों और सार्वजनिक दुर्गा पंडालों की सैकड़ों प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया। ढोल-डीजे की धुन पर माता को दी विदाई मातारानी को विदाई देने के लिए श्रद्धालु बाजे-गाजे और डीजे की धुन पर नाचते-गाते विसर्जन स्थलों तक पहुंचे। महिलाओं में भी विसर्जन को लेकर खासा उत्साह रहा। महिलाएं ढोल और डीजे की धुन पर नृत्य करते हुए माता रानी को विदाई देने पहुंचीं। पूरे आयोजन के दौरान विसर्जन स्थलों पर श्रद्धालुओं में उत्साह और भक्ति का माहौल रहा। विसर्जन स्थलों पर पुलिस बल तैनात विसर्जन के दौरान किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए पुलिस और प्रशासन ने सुरक्षा के इंतजाम किए थे। शहर के सभी विसर्जन स्थलों पर पुलिस बल तैनात रहा। गोताखोरों के साथ नगर निगम और प्रशासन की टीमें भी मौके पर मौजूद रहीं। देर रात तक प्रतिमाओं के विसर्जन का सिलसिला चलता रहा। सुरक्षा व्यवस्था के बीच विसर्जन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं है।
हरदा में गुरुवार सुबह करीब 10 बजे एक सड़क हादसा हुआ। सिविल लाइन थाने के सुल्तान बस स्टैंड के पास एक बाइक ईंट से भरी ट्रॉली में जा घुसी। इस हादसे में बाइक सवार युवक गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घायल युवक की पहचान डगावा भट्ट गांव के अजय पिता दयाल घाटे के रूप में हुई। वह बिजली कंपनी के खामा पड़मा सब स्टेशन में काम करता है और अपने गांव से हरदा आ रहा था। राहगीरों के मुताबिक, अजय मोबाइल पर बात करते हुए तेज रफ्तार में बाइक चला रहा था। उसकी बाइक, जिसे उसने दुर्गा नवमी के दिन ही खरीदा था, पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई है। अजय के सिर में गंभीर चोट आई है और उसका इलाज जारी है।
बिलासपुर में छत्तीसगढ़ प्राचार्य मंच ने कलेक्टर संजय अग्रवाल को 19 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा। मंच ने अर्धवार्षिक परीक्षा में ब्लैक बोर्ड पर प्रश्न लिखवाने की व्यवस्था खत्म करने की मांग की। इसके लिए जिला शिक्षा कार्यालय (डीईओ) से प्रश्न पत्र प्रिंट कराने की व्यवस्था करने को कहा, ताकि परीक्षा की गोपनीयता बनी रहे। छत्तीसगढ़ प्राचार्य मंच के संयोजक संजय शर्मा ने कहा कि जांच की जिम्मेदारी कुछ खास प्राचार्यों को ही क्यों दी जा रही है। मंच ने मांग की कि 100 से ज्यादा नए पदोन्नत प्राचार्यों को भी प्रश्न पत्र बनाने और विभागीय जिम्मेदारियां निभाने का समान अवसर दिया जाए। तीनों स्कूलों को बराबर अनुदान देने की मांग मंच ने कहा कि हायर सेकेंडरी और हाई स्कूल परिसर में संचालित पूर्व माध्यमिक और प्राथमिक शालाओं के रखरखाव की जिम्मेदारी भी प्राचार्यों पर होती है। इसलिए तीनों स्कूलों को बराबर अनुदान दिया जाना चाहिए। इसके अलावा जिला शिक्षा कार्यालय में प्राचार्यों और शिक्षकों से जुड़े कई मामले लंबे समय से लंबित हैं। मंच ने इनका जल्द निराकरण करने की मांग की। मल्हार स्कूल के मामले में प्राचार्य का पक्ष सुनने की मांग प्राचार्य मंच के प्रतिनिधिमंडल ने मल्हार स्कूल के मामले में कहा कि सामान्य शिकायत मिलने पर प्राचार्य के खिलाफ सीधे कार्रवाई नहीं की जानी चाहिए। जांच के दौरान प्राचार्य का पक्ष भी सुना जाना चाहिए। मंच का कहना है कि कई बार प्रायोजित तरीके से शिकायतें की जाती हैं, जिससे स्कूल के संचालन में अनावश्यक बाधा आती है। बाहरी लोगों के ऐसे हस्तक्षेप को भी अनुचित बताया गया। कंप्यूटर ऑपरेटर, सहायक और प्यून देने की मांग प्राचार्य मंच की 19 सूत्रीय मांगों में प्रत्येक हायर सेकेंडरी और हाई स्कूल में ऑनलाइन और ऑफलाइन काम के लिए कंप्यूटर ऑपरेटर की व्यवस्था करना शामिल है। इसके अलावा सभी आहरण एवं संवितरण अधिकारी (डीडीओ) वाले स्कूलों में सहायक ग्रेड-2 और ग्रेड-3 के कर्मचारियों की पदस्थापना सुनिश्चित करने की मांग की गई। प्रत्येक हायर सेकेंडरी और हाई स्कूल में प्यून की व्यवस्था करने पर भी जोर दिया गया। गैर शैक्षणिक कार्यों से मुक्त रखने की मांग मंच ने प्राचार्यों और शिक्षकों को गैर शैक्षणिक कार्यों से मुक्त रखने की मांग की। ज्ञापन में कहा गया कि स्कूलों में ज्यादातर काम ऑनलाइन और इंटरनेट आधारित हो गए हैं। ऐसे में सभी स्कूलों को जरूरी वित्तीय सुविधाएं दी जानी चाहिए। इसके अलावा मंच ने बीईओ स्तर पर प्राचार्यों की बैठकें आयोजित करने के बजाय संकुल समन्वयकों की बैठक लेकर जरूरी जानकारी जुटाने का सुझाव दिया।
शाजापुर मंडी में प्याज के दाम गिरे:2 रुपए प्रति किलो कम हुए भाव, मंडी में 10 हजार कट्टे प्याज
शाजापुर में चार दिन की छुट्टी के बाद गुरुवार को प्याज मंडी फिर से खुल गई। नवरात्रि, दशहरा और एक सरकारी छुट्टी के कारण मंडी बंद थी। पहले दिन प्याज की आवक कम रही और दामों में 2 रुपए प्रति किलो तक की गिरावट आई। गुरुवार को मंडी में करीब 10 हजार कट्टे प्याज पहुंचा। मंडी सचिव मोहनसिंह मालवीय ने बताया कि त्योहारों और सरकारी छुट्टी के कारण थोक नीलामी चार दिनों तक बंद थी। गुरुवार से नीलामी का काम फिर से शुरू हुआ है। छुट्टी के बाद मंडी खुलने का पहला दिन होने से प्याज की आवक कम रही। प्याज के दाम पहले 40 रुपए प्रति किलो तक थे, जो अब घटकर करीब 38 रुपए प्रति किलो हो गए हैं। इस तरह पहले दिन प्याज के दामों में लगभग 2 रुपए प्रति किलो की गिरावट आई। आगामी दिनों में आवक बढ़ने और नीलामी नियमित होने पर भावों में क्या बदलाव आता है, इस पर किसानों और व्यापारियों की नजर रहेगी।
भिंड में वन विभाग के एसडीओ रामकुमार के खिलाफ अपनी संतानों की जानकारी छिपाने के आरोप की जांच की मांग फिर उठी है। शिकायतकर्ता अनिल कुमार का आरोप है कि अधिकारी ने सेवा अभिलेख में अपनी पांचों संतानों की जानकारी दर्ज नहीं कराई। पहले शिकायत जांच के लिए ग्वालियर भेजी गई थी। कार्रवाई आगे नहीं बढ़ने पर शिकायतकर्ता ने मुख्यमंत्री कार्यालय में भी मामला उठाया। अब मुख्यमंत्री कार्यालय से मिले आवेदन के आधार पर शिकायत सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज की गई है। आरोपों की पुष्टि होना अभी बाकी है। मुख्यमंत्री कार्यालय से मिली शिकायत सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज शिकायतकर्ता अनिल कुमार ने 17 अक्टूबर को एसडीओ रामकुमार के खिलाफ आवेदन दिया था। इसमें आरोप लगाया गया कि सहायक वन संरक्षक के पद पर कार्यरत अधिकारी ने सेवा के दौरान शासन को दी जाने वाली जानकारी में अपनी सभी संतानों का विवरण नहीं दिया। शिकायतकर्ता के मुताबिक, एसडीओ की पांच बेटियां हैं, लेकिन सेवा अभिलेख में केवल एक बेटी शिवानी अरोलीया का नाम दर्ज है। वहीं, हिमांशी अरोलीया और वान्या अरोलीया के नाम परिवार आईडी में दर्ज होने का दावा किया गया है। शिकायत में दो अन्य बेटियों की जानकारी भी छिपाने का आरोप लगाया गया है। पहले ग्वालियर भेजी गई थी जांच शिकायत सबसे पहले भिंड डीएफओ कार्यालय में की गई थी। वहां से जांच के लिए ग्वालियर के मुख्य वन संरक्षक को पत्र भेजा गया था। इसमें दूसरे वन मंडल से जांच कराने की बात कही गई थी। शिकायतकर्ता का आरोप है कि अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने पर उसने वन विभाग के भोपाल मुख्यालय और मुख्यमंत्री कार्यालय को भी शिकायत की प्रति भेजी। मुख्यमंत्री कार्यालय से मिले लिखित आवेदन के आधार पर 21 अक्टूबर को शिकायत सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज की गई। इसमें एसडीओ के खिलाफ पांच संतानों से जुड़ी जानकारी की निष्पक्ष जांच और नियमानुसार कार्रवाई की मांग की गई है। एल-1 स्तर से शुरू होगा शिकायत का निराकरण सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज शिकायत के अनुसार, पहले स्तर यानी एल-1 पर इसका निराकरण किया जाना है। भिंड में वन विभाग के वन परिक्षेत्र अधिकारी आरके दीक्षित पदस्थ हैं। शिकायत के निराकरण में उनकी भूमिका को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। यदि शिकायत का समाधान नहीं होता है, तो मामला एल-2, एल-3 और एल-4 स्तर तक जा सकता है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि जांच किस अधिकारी को सौंपी जाएगी और आरोपों की पुष्टि के लिए किन दस्तावेजों की जांच होगी। शिकायत में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना बाकी है। रेंजर कृतिका शुक्ला से विवाद के बाद भी चर्चा में रहा विभाग वन विभाग में एसडीओ रामकुमार और रेंजर कृतिका शुक्ला के बीच विवाद के बाद भी मामला चर्चा में रहा था। दोनों पक्षों की ओर से शिकायतें किए जाने के बाद अधिकारियों की मध्यस्थता से विवाद सुलझाने की बात सामने आई थी। अब संतानों से जुड़ी शिकायत के बाद मामला फिर चर्चा में है। रेंजर कृतिका शुक्ला ने इस मामले से दूरी बना रखी है, जबकि उनके पति आरके दीक्षित भिंड में वन परिक्षेत्र अधिकारी के पद पर पदस्थ हैं। हालांकि, केवल इस संबंध के आधार पर किसी अधिकारी की निष्पक्षता पर निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता। दस्तावेजों की जांच के बाद स्पष्ट होगी स्थिति शिकायतकर्ता ने सेवा अभिलेख और परिवार आईडी समेत संतानों से संबंधित जानकारी की जांच कराने की मांग की है। अब विभागीय जांच में इन दस्तावेजों का मिलान किया जाएगा। मामले में आरोप सही हैं या नहीं, यह जांच और आगे की कार्रवाई के बाद ही स्पष्ट होगा।
केंद्रीय मंत्री एल. मुरुगन के इस्तीफे से मध्यप्रदेश में खाली हुई राज्यसभा सीट पर उपचुनाव होगा। भारत निर्वाचन आयोग ने गुरुवार (22 अक्टूबर 2026 को) चुनाव कार्यक्रम जारी कर दिया। इस सीट पर 12 नवंबर को मतदान होगा और इसी दिन शाम 5 बजे मतगणना की जाएगी। मुरुगन का राज्यसभा कार्यकाल 2 अप्रैल 2030 तक था। 16 नवंबर तक पूरी होगी चुनाव प्रक्रिया निर्वाचन आयोग के कार्यक्रम के मुताबिक, 26 अक्टूबर को अधिसूचना जारी होगी। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 2 नवंबर तय की गई है। 3 नवंबर को नामांकन पत्रों की जांच होगी, जबकि उम्मीदवार 5 नवंबर तक नाम वापस ले सकेंगे। मुरुगन कब सांसद बने, कब दिया इस्तीफा? मध्यप्रदेश में राज्यसभा की कितनी सीटें? एल. मुरुगन के इस्तीफे के बाद भाजपा की एक राज्यसभा सीट रिक्त हुई है। उनके इस्तीफे से पहले मध्यप्रदेश से भाजपा के 8 और कांग्रेस के 3 राज्यसभा सांसद थे। चुनाव जीतने के लिए कितने विधायकों का समर्थन चाहिए? 230 सदस्यीय विधानसभा में एक सीट जीतने के लिए 116 मतों का कोटा। मध्य प्रदेश विधानसभा में कुल 230 सदस्य हैं। यदि सभी विधायक मतदान करें और कोई मत अवैध न हो, तो एक राज्यसभा सीट के चुनाव में जीत के लिए आवश्यक मतों का कोटा 116 होगा।
शिवपुरी के खनियाधाना थाना क्षेत्र के बसंतपुर गांव में पुरानी रंजिश को लेकर एक ही परिवार के सदस्यों के साथ दो बार मारपीट का मामला सामने आया है। सुनील लोधी (18) की शिकायत पर पुलिस ने सात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है। पहली घटना में सुनील के पिता और ताऊ के साथ मारपीट की गई। इसके बाद थाने में शिकायत करने जाते समय उसकी मां, ताई, बहन और भाई के साथ भी मारपीट की गई। घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। शिवपुरी जाते समय हुआ विवाद सुनील के मुताबिक, 21 अक्टूबर को दोपहर करीब 2 बजे वह अपने ताऊ के बेटे अमित लोधी को इलाज के लिए शिवपुरी ले जा रहा था। इसी दौरान गांव में नीलेश लोधी के घर के सामने आनंद लोधी, जनकराम लोधी, राजकुमार लोधी और करन लोधी ने पुरानी रंजिश को लेकर गाली-गलौज शुरू कर दी। आरोप है कि विवाद के दौरान राजकुमार और करन ने सुनील के पिता रमेश लोधी को लाठी-डंडों से पीटा, जबकि आनंद और जनकराम ने उसके ताऊ हरभजन लोधी के साथ मारपीट की। दोनों के सिर सहित शरीर के अलग-अलग हिस्सों में चोटें आईं। थाने जाते समय परिवार के साथ मारपीट परिवार के लोग पहली घटना की शिकायत करने थाने जा रहे थे। इसी दौरान रास्ते में प्रागीलाल लोधी, रजभान लोधी और यशपाल लोधी ने उसकी मां सुमन, ताई कुसमा, बहन सोनम और भाई अभिषेक के साथ मारपीट की। आरोप है कि चारों को जमीन पर पटककर लात-घूंसों से पीटा गया। सुनील ने आरोप लगाया कि बीच-बचाव के दौरान आरोपियों ने थाने में शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी दी। पुलिस ने शिकायत के आधार पर सातों आरोपियों के खिलाफ FIR दर्ज की है।
कोटपूतली में 40वां वार्षिक श्री श्याम महोत्सव धूमधाम से शुरू हुआ। श्री श्याम शक्ति मंडल कोटपूतली ट्रस्ट ने इसका आयोजन किया। पूरा शहर श्याम भक्ति में डूबा, जयकारों से गूंज उठा। महोत्सव की शुरुआत श्री लक्ष्मीनारायण देवस्थान परिसर से हुई। महंत पं. श्रवण कुमार शर्मा ने पूजा कर कलश यात्रा रवाना की। पूर्व संसदीय सचिव रामस्वरूप कसाना मुख्य यजमान थे। इस यात्रा में 1151 महिलाओं ने सिर पर मंगल कलश उठाए, गीत गाती हुई मुख्य मार्गों से गुजरीं। हजारों श्रद्धालु बैंड-बाजे व भजनों पर श्याम बाबा का ध्वज लिए थे। यात्रा श्री श्याम मंदिर परिसर पहुंची, जहां लोगों ने फूल बरसाकर स्वागत किया। मंदिर पहुंचकर श्रद्धालुओं ने बाबा श्याम की 56 भोग झांकी के दर्शन किए। इसके बाद भव्य शोभायात्रा निकाली गई। बंटी तिलकधारी (दिल्ली) की सजीव झांकियां आकर्षण रहीं। रथनुमा वाहनों में राधा-कृष्ण व श्याम बाबा की झांकियां थीं। गणेश द्वारा माता-पिता की परिक्रमा व हनुमान जी द्वारा राम-लक्ष्मण की आरती वाली स्वचालित झांकियां खास थीं। कलाकारों ने भजनों पर नृत्य प्रस्तुतियां दीं, जिसे देखने शहर में भीड़ उमड़ी। देखें PHOTOS
कानपुर में बुधवार को युवक को कार की छत पर रख कर डेढ़ किलोमीटर तक दौड़ाकर युवक की कुचलकर हत्या की गई। इस मामले में गुरुवार को परिजनों कानपुर-सागर हाईवे जाम कर दिया। परिजन हाईवे पर शव रख कर ने आरोपियों के खिलाफ हत्या का मुकदमा और गिरफ्तारी की मांग को लेकर हंगामा करते रहे। इस कारण करीब 2 किलोमीटर लंबा जाम लग गया। एसीपी नौबस्ता अभिषेक राहुल मौके पर पहुंचे और दो आरोपियों की गिरफ्तारी होने का आश्वासन दिया। इसके बाद परिजनों ने जाम खोला। डीसीपी साउथ ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। मृतक के भाई ने पहले अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। मुकदमें में धाराओं में बढ़ोत्तरी की जा रही है। पुलिस के हाथ घटनास्थल पर एक और सीसीटीवी फुटेज लगा जिसमें बीरू सिंह भदौरिया नशे की हालत में बाइक से लड़खड़ाते हुए उतरते दिख रहा है। इसके बाद वह सड़क पर पड़ा एक डंडा लेकर पटकता नजर आ रहा है, जिस पर बाइक सवार उसे समझाने का प्रयास कर रहा है तभी यह हादसा हो गया। 2 तस्वीर देखिए… खाड़ेपुर निवासी राजवीर और मेवालाल से हुआ था झगड़ा अर्रा निवासी बीरू सिंह भदौरिया (37) फूड प्रोडक्ट बनाने वाली कंपनी में सेल्स मैन का काम करते थे। परिवार में पत्नी रीना और दो बच्चियां सीवी, ईशानी और बेटा विराज के अलावा पिता राम शंकर सिंह और बड़े भाई कुलदीप सिंह भदौरिया हैं। पिता राम शंकर सिंह ने बताया कि बीरू का कुछ दिन पहले खाड़ेपुर नई बस्ती निवासी राजवीर और मेवालाल से विवाद हो गया था। इसके बाद से आरोपी खुन्नस रखे हुए थे। मंगलवार रात बीरू दशहरा का मेला देख कर लौट रहा था। रास्ते में मेवालाल अपनी कार से आया। उसमें राजवीर व 3 अन्य उसके साथी बैठे थे। उन्होंने बीरू को रोक कर मारपीट कर दी। बचकर भागना चाहा, पकड़कर गलियों में घुमाया बीरू बच कर भागा तो कार से उड़ा दिया। इसके बाद छत पर रख कर उसके दोनों हाथ आगे की खिड़कियों में फंसाकर शीशे लॉक कर दिए। गलियों में घुमाते हुए ले गए, अचानक कार के शीशे खोल उसे राजेंद्र नगर में अश्वनी ट्रेडिंग कंपनी के पास फेंक दिया। आरोप है कि इसके बाद कार भी चढ़ाई। मौके से गुजर रहे इलाके के देवेंद्र सिंह चौहान ने पहचान कर परिजनों को सूचना दी। आनन फानन में सभी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। बीरू के शरीर में कई जगह चोट के निशान मिले, साथ ही शीशे से दबे रहने के चलते उसकी दोनों हाथ की अंगुलियां पिच्ची हो गई थीं। जिसके बाद परिजन शव को हैलट से घर ले आए और हत्या का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया था। गुरुवार सुबह करीब 9:30 बजे परिजनों मेवालाल, राजवीर, जगमोहन समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज करने और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर कानपुर सागर हाईवे जाम कर दिया। 2 किलोमीटर लंबी लगी वाहनों की कतार परिजनों ने नवीन गल्ला मंडी के गेट पर शव रख कर जाम लगाया और पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। हंगामे की सूचना पर एसीपी नौबस्ता अभिषेक राहुल मौके पर पहुंचे और दो आरोपियों की गिरफ्तारी होने का आश्वासन दिया। करीब दो घंटे तक चले हंगामे के दौरान हमीरपुर से नौबस्ता आने वाली लेन पर करीब 2 किलोमीटर लंबी वाहनों की कतार लग गई थी। डीसीपी साउथ दीपेंद्र नाथ चौधरी ने बताया कि- मृतक के भाई कुलदीप की तहरीर पर अज्ञात लोगों के खिलाफ पूर्व में मुकदमा दर्ज किया गया था। मुकदमे में धाराओं की बढ़ोत्तरी कर दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपियों को जेल भेजा जाएगा।
साइबर ठगी की रकम को फर्जी बैंक खातों में ट्रांसफर कर निकालने के मामले में अजमेर की सिविल लाइंस थाना पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। ‘म्यूल हंट’ अभियान के तहत हुई कार्रवाई में पुलिस ने प्रोडक्शन वारंट पर आरोपी को गिरफ्तार किया है। मामले में पुलिस पहले ही दो आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। अब आरोपी को रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है, ताकि ठगी की रकम के लेन-देन और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जा सके। ठगी की रकम म्यूल बैंक खातों में करवाई थी ट्रांसफर थाना प्रभारी शंभू सिंह ने बताया कि मामले में आरोपी अजमेर निवासी सबरे आलम पुत्र मोहम्मद आलम को गिरफ्तार किया गया है। साइबर सेल से मिली सूची के आधार पर एएसआई चांद सिंह ने 5 अप्रैल को प्रकरण दर्ज किया था। मामला उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद निवासी रोहिताश कुमार से करीब 14 लाख रुपए की साइबर ठगी से जुड़ा है। ठगी की रकम म्यूल बैंक खातों में ट्रांसफर करवाई गई थी। लोगों के दस्तावेजों से खुलवाते थे बैंक खाते पुलिस के अनुसार- म्यूल अकाउंट के जरिए साइबर ठगी की रकम को इधर-उधर किया जाता था। गिरोह के लोग सीधे-सादे लोगों को झांसे में लेकर उनके आधार कार्ड और अन्य दस्तावेजों के आधार पर बैंक खाते खुलवाते थे। इन खातों में साइबर ठगी से मिली रकम जमा करवाई जाती और बाद में नकदी निकाल ली जाती थी।
पश्चिमी सिंहभूम जिले के टोंटो थाना क्षेत्र के टेंसेरा गांव में 26 वर्षीय जोएल हेंब्रम की सब्बल से हमला किए जाने के बाद मौत हो गई। घटना में उसकी भाभी शुरू कुई का नाम सामने आया है। मामले की सूचना ग्रामीण मुंडा के माध्यम से मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस ने मृतक के बड़े भाई तिड्यूस हेंब्रम और उसकी पत्नी शुरू कुई को हिरासत में लिया है। दोनों से पूछताछ की जा रही है। घटना के बाद गांव में चर्चा का माहौल है। पुलिस वारदात से जुड़ी परिस्थितियों का पता लगाने में जुटी है। भाभी का दावा- आत्मरक्षा में किया हमला मृतक के पिता पतरस हेंब्रम के मुताबिक, शुरू कुई ने बताया कि जोएल हेंब्रम उसके साथ दुष्कर्म की कोशिश कर रहा था। महिला का दावा है कि उसने आत्मरक्षा में सब्बल से हमला किया। हालांकि, महिला के इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस हत्या के आरोप और आत्मरक्षा में हमला करने की बात, दोनों पहलुओं की जांच कर रही है। पूछताछ के दौरान घटना के समय की परिस्थितियों और विवाद की वजह का पता लगाने की कोशिश की जा रही है। फिलहाल पुलिस ने मामले में किसी निष्कर्ष की पुष्टि नहीं की है। पोस्टमार्टम के बाद स्पष्ट होगी मौत की वजह पुलिस ने जोएल हेंब्रम के शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल, चाईबासा भेज दिया है। गुरुवार को पोस्टमार्टम किए जाने की जानकारी दी गई है। रिपोर्ट से मौत के कारण और चोटों की प्रकृति के संबंध में जानकारी मिलने की उम्मीद है। पुलिस घटनास्थल से जुड़े साक्ष्यों और संबंधित लोगों के बयानों के आधार पर जांच कर रही है। हिरासत में लिए गए बड़े भाई और उसकी पत्नी से पूछताछ जारी है। पुलिस के अनुसार, जांच में सामने आने वाले तथ्यों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
हरियाणा बिजली कर्मचारी एवं अधिकारी संयुक्त संघर्ष मोर्चा के आह्वान पर गुरुग्राम और नूह जिलों में निजी कंपनी को बिजली वितरण लाइसेंस दिए जाने के विरोध में तीन दिन की राज्य स्तरीय हड़ताल के तहत रेवाड़ी जिले के पावर हाउसों से भी तमाम बिजली कर्मचारियों ने काम छोड़कर हड़ताल में शामिल होने का फैसला किया। प्रशासन ने सरकार के निर्देश पर सभी पावर हाउसों, सब-स्टेशनों पर भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) 2023 की धारा 163 लागू कर दी है। जिले के पावर हाउसों पर पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। रात को ही करीब 600 पुलिसकर्मी मोर्चा संभालने के लिए तैनात किए गए। हरियाणा में बिजली कर्मचारियों की यह ऐसी हड़ताल है जिसमें कर्मचारी से लेकर एसडीओ स्तर तक के अधिकारी भाग ले रहे हैं। यूनियन के पदाधिकारियों ने साफ कहा है कि अगर कहीं फॉल्ट हो जाता है तो उसे ठीक करने के लिए कोई भी कर्मचारी आगे नहीं आएगा। दशहरा पर फूंके गए थे पुतले इससे पहले दशहरा (मंगलवार) के दिन रेवाड़ी के शक्ति भवन में केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और हरियाणा विद्युत विनियामक आयोग (एचईआरसी) के चेयरमैन के पुतले फूंके गए थे। बुधवार को सभी बिजली स्टेशनों/सब-यूनिटों पर एचईआरसी के आदेश की प्रतियां जलाकर विरोध जताया गया। त्योहारी सीजन में चल रही इस हड़ताल से बिजली व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है। कर्मचारियों का कहना है कि निजी कंपनी को लाइसेंस दिए जाने से राज्य के बिजली निगम (खासकर दक्षिणी हरियाणा बिजली वितरण निगम) का वित्तीय आधार कमजोर होगा और उनका भविष्य अंधकारमय हो जाएगा, इसलिए वे इस फैसले का पुरजोर विरोध कर रहे हैं। वहीं, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और बिजली मंत्री अनिल विज ने कर्मचारियों से हड़ताल स्थगित करने की अपील की है, लेकिन यूनियन नेता अपनी मांग पर अडिग हैं।
डीडवाना के पोल स्टार द स्कूल के विद्यार्थियों ने राष्ट्रीय कराटे चैंपियनशिप में शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने कुल 33 पदक जीते, जिनमें 13 स्वर्ण, 13 रजत और 7 कांस्य पदक शामिल हैं। इस जीत से स्कूल और डीडवाना शहर का नाम रोशन हुआ है। खिलाड़ियों ने प्रतियोगिता में अपना खेल कौशल, अनुशासन और आत्मविश्वास दिखाया। उनकी इस उपलब्धि के पीछे लगातार मेहनत, लगन और प्रशिक्षकों का मार्गदर्शन रहा। राष्ट्रीय स्तर पर इतने पदक जीतना स्कूल के लिए गर्व की बात है। स्कूल के निदेशक पंकज सैनी और प्रधानाचार्या शशि शेखावत ने सभी पदक विजेता खिलाड़ियों, उनके अभिभावकों और कोच को बधाई दी। उन्होंने खिलाड़ियों के अच्छे भविष्य की शुभकामनाएं दीं। विद्यालय प्रबंधन ने कहा कि यह उपलब्धि लगातार अभ्यास और कड़ी मेहनत का नतीजा है। उन्होंने विद्यार्थियों को भविष्य में भी इसी तरह आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। स्कूल शिक्षा के साथ-साथ खेलकूद को भी विद्यार्थियों के पूरे विकास का अहम हिस्सा मानता है।
भाजपा चलाएगी 22 से ‘लोकतंत्र बचाओ-भीड़तंत्र हटाओ’ अभियान
इंदौर | भाजपा 22 अक्टूबर से 5 नवंबर तक ‘लोकतंत्र बचाओ-भीड़तंत्र हटाओ’ अभियान चलाएगी। इसकी रणनीति तय करने के लिए केसर बाग रोड स्थित गार्डन में भाजपा इंदौर महानगर की बैठक हुई। मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि श्रीलंका, फ्रांस, बांग्लादेश और नेपाल जैसे देशों में अशांति का माहौल है। कुछ विदेशी ताकतें भारत को आगे बढ़ते हुए नहीं देखना चाहतीं और देश के विकास को रोकने का प्रयास कर रही हैं। हमारी लड़ाई उन ताकतों से है, जो भारत की प्रगति में बाधा डालना चाहती हैं। नगर अध्यक्ष सुमित मिश्रा ने कहा कि विपक्ष के कथित षड्यंत्र और भ्रम को उजागर करने के लिए अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत पदयात्रा, प्रबुद्धजन गोष्ठी, युवा संवाद, छात्र प्रतियोगिताएं और सामाजिक माध्यमों के प्रभावशाली लोगों से संवाद किया जाएगा। बैठक में मंत्री तुलसीराम सिलावट, महापौर पुष्यमित्र भार्गव, विधायक रमेश मेंदोला, मालिनी गौड़, मधु वर्मा, गोलू शुक्ला सहित अन्य नेता मौजूद रहे।
हरियाणा के महेंद्रगढ़ जिले में दक्षिणी हरियाणा बिजली वितरण निगम के कर्मचारियों ने आज हड़ताल रखी। कर्मचारी रात से ही हड़ताल पर चले गए। जिससे जिला में बिजली व्यवस्था चरमरा गई। शहर महेंद्रगढ़ के अलावा सतनाली, कनीना व अटेली के ग्रामीण क्षेत्रों में रात से ही बिजली गायब है। वहीं नारनौल में सुबह 5 बजे से बिजली नहीं आ रही। जिसके कारण लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। निजी कंपनियों को पैरेलल लाइसेंस देने के विरोध में जिला के बिजली कर्मचारी रात से ही हड़ताल पर चले गए। जिला में बिजली कर्मचारियों के अलावा अधिकारी, जिनमें एसई, एक्सईएन व एसडीओ तथा जेई शामिल हैं, वे भी हड़ताल पर हैं। ऐसे में जिला में करीब 1146 कर्मचारी व अधिकारी हड़ताल पर चले गए। जिससे परेशानी बढ़ गई। एक बार कटी तो नहीं आएगी लाइट बिजली निगम के हर फीडर में आठ से दस घंटे बाद ऑटोमेटिक कट लगता है। इसके बाद ड्यूटी पर तैनात कर्मचारी पांच से दस मिनट में उसको रिस्टोर कर देते हैं। जिससे दोबारा लाइट आ जाती है, मगर अब यदि एक बार लाइट चली गई, तो उसको दुबारा शुरू करने वाला कोई नहीं है। ग्रामीण एरिया में ज्यादा परेशानी हालांकि बिजली कर्मचारियों की हड़ताल के कारण शहरी व ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में परेशानी हो रही है, मगर सबसे ज्यादा परेशानी ग्रामीण एरिया में है। ग्रामीण क्षेत्र में रात दस बजे के बाद बिजली नहीं आई। वहीं शहरी क्षेत्र में यह समस्या सुबह पांच बजे या उसके बाद से बनी हुई है। ऑफिसों में पुलिस तैनात किसी भी प्रकार के प्रदर्शन या अन्य से निपटने के लिए बिजली निगम के कार्यालयों में प्रशासन द्वारा पुलिस की तैनाती की गई है। नारनौल, अटेली, महेंद्रगढ़ कनीना बिजली दफ्तरों में पुलिस का पहरा है। एसडीएम ने किया दौरा हड़ताल का जायजा लेने के लिए कनीना के एसडीएम गुरविंद्र सिंह ने अटेली व कनीना के निगम कार्यालयों का दौरा किया है। इस दौरान उन्होंने कर्मचारियों व अधिकारियों क उपस्थिति सहित हड़ताल का जायजा लिया। महेंद्रगढ़ पुलिस ने 22 से 24 अक्टूबर तक हरियाणा में बिजली कर्मचारियों की प्रस्तावित हड़ताल के मद्देनजर आमजन और प्रदर्शनकारी कर्मचारियों से शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है। पुलिस ने कर्मचारियों से अपनी मांगें शांतिपूर्ण और कानूनसम्मत तरीके से रखने तथा प्रदर्शन के दौरान सड़क मार्ग, यातायात और आपातकालीन सेवाओं में बाधा नहीं डालने का आग्रह किया है। अफवाहों पर न दें ध्यान साथ ही बिजली प्रतिष्ठानों, सरकारी संपत्ति और आवश्यक सेवाओं की सुरक्षा में सहयोग करने की अपील की है। पुलिस ने आमजन से बिजली आपूर्ति को लेकर फैलने वाली अफवाहों पर ध्यान नहीं देने और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने को कहा है। पुलिस ने चेतावनी दी कि हिंसा, तोड़फोड़ या कानून-व्यवस्था भंग करने वाली गतिविधियों में शामिल लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। जिला में निषेधाज्ञा लागू हरियाणा बिजली कर्मचारी एवं इंजीनियर संयुक्त संघर्ष मोर्चा द्वारा 22 से 24 अक्टूबर 2026 तक बुलाई गई तीन दिवसीय राज्यव्यापी हड़ताल को ध्यान में रखते हुए जिलाधीश अनुपमा अंजली ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के तहत जिला में सख्त निषेधाज्ञा आदेश जारी किए हैं। धरना, प्रदर्शन व जुलूस पर पाबंदी जिलाधीश द्वारा जारी आदेशों के अनुसार, जिले में स्थित सभी बिजली पावर स्टेशनों, उपकेंद्रों (220/132/33 केवी), 11 केवी स्विचिंग स्टेशनों, पंप हाउस उपकेंद्रों, डीएचबीवीएन व एचवीपीएनएल के कार्यालयों, स्टोरों, टीआरडब्ल्यू और आवश्यक फीडरों के 100 मीटर के दायरे में किसी भी प्रकार के अवैध रूप से पांच या उससे अधिक व्यक्तियों के एकत्रित होने, धरना-प्रदर्शन, घेराव, नाकेबंदी, जुलूस निकालने या नारेबाजी करने पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध रहेगा।
गंदगी के बीच बन रही थी मिठाई:धमतरी के रमन स्वीट्स कारखाने का लाइसेंस एक दिन के लिए सस्पेंड
धमतरी में खाद्य-औषधि प्रशासन ने रमन स्वीट्स कारखाने का एफएसएसएआई लाइसेंस एक दिन के लिए निलंबित कर दिया है। कारखाने में गंदगी के बीच मिठाई बनाने और स्वच्छता मानकों का पालन नहीं करने पर यह कार्रवाई की गई। 22 अक्टूबर 2026 के लिए लाइसेंस निलंबित किया गया है। निरीक्षण में मिली गंदगी त्योहारी सीजन में लोगों को सुरक्षित और अच्छी गुणवत्ता वाली खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए विभाग खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर रहा है। इसी दौरान रमन स्वीट्स कारखाने में मिठाई बनाते समय गंदगी मिली। स्वच्छता नियमों का पालन नहीं कारखाने में खाद्य सुरक्षा और मानक विनियम, 2011 की अनुसूची-4 में बताए गए स्वच्छता नियमों का पालन नहीं हो रहा था। निरीक्षण रिपोर्ट के आधार पर खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने लाइसेंस निलंबित करने की सिफारिश की। इसके बाद विभाग के अधिकारी ने 22 अक्टूबर के लिए लाइसेंस निलंबित कर दिया।
एक्टर टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग से पहले आरोपियों ने पिस्टल चलाने की प्रैक्टिस की थी। पुलिस के मुताबिक, अंधेरी के एक होटल में भी गलती से गोली चली थी, जो बिस्तर पर लगी। मामले में दो युवतियों समेत अब तक 10 आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं। इनमें शामिल यूपी की बबीता के परिवार का दावा है कि राधा उसे मंदिर में दर्शन कराने के बहाने मुंबई ले गई थी। परिवार का कहना है कि बबीता को हथियारों और फायरिंग की साजिश की जानकारी नहीं थी। टाइगर की कार पर 18 अक्टूबर की शाम फायरिंग हुई थी। उनका ड्राइवर और एक फैन घायल हुए थे। प्रैक्टिस में दो आरोपियों ने 3 राउंड फायर किए मुंबई पुलिस के सूत्रों के मुताबिक, पूछताछ में आरोपियों ने उस जगह के बारे में बताया, जहां उन्होंने हथियार चलाने की प्रैक्टिस की थी। एक आरोपी ने दो राउंड और दूसरे ने एक राउंड फायर किया था। जांचकर्ताओं के मुताबिक, अंधेरी के एक होटल के कमरे में पिस्टल की टेस्टिंग करते समय वह जाम हो गया था और गोली बिस्तर पर जा लगी। अमृतसर से पिस्टल और 20 कारतूस लाने का आरोप पुलिस के मुताबिक, हरियाणा के सोनीपत के कुणाल ने लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े अनिल पंडित के निर्देश पर अमृतसर से पिस्टल और 20 कारतूस लिए थे। उसके साथ सुमित भी गया था। जांच के मुताबिक, कुणाल ने राधा को हथियार मुंबई ले जाने के लिए तैयार किया। 15 अक्टूबर को वह राधा और बबीता के साथ नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंचा। इस दौरान कुणाल और अनिल पंडित एक एन्क्रिप्टेड ऐप के जरिए संपर्क में थे। 17 अक्टूबर को दोनों महिलाएं मुंबई के दादर स्टेशन पहुंचीं और एक होटल में ठहरीं। इसके बाद एक अन्य आरोपी ने राधा से हथियारों वाला बैग लिया। अगले दिन टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग हुई। वारदात के समय राधा और बबीता ट्रेन से दिल्ली लौट गईं। बबीता का परिवार बोला- बेटी दोषी हुई तो सजा मिलनी चाहिए बबीता उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ की रहने वाली है और हरियाणा के सोनीपत में पैकर का काम करती थी। उसके परिवार का दावा है कि राधा ने उसे मंदिरों में दर्शन कराने के बहाने मुंबई ले जाने की बात कही थी। परिवार के मुताबिक, बबीता को हथियारों या फायरिंग की कथित साजिश की जानकारी नहीं थी। बबीता के पिता रामजनम राम ने कहा कि उन्हें न्याय व्यवस्था पर भरोसा है। उन्होंने कहा कि अगर उनकी बेटी दोषी पाई जाती है, तो उसे सजा मिलनी चाहिए। दूसरी ओर, राधा की मां मैना ने भी अपनी बेटी को निर्दोष बताते हुए कहा कि हो सकता है उसे किसी ने बहकाया या मजबूर किया हो। पुलिस ने तीन आरोपियों को 31 अक्टूबर तक हिरासत में लिया राजस्थान के कोटा से गिरफ्तार तीन आरोपियों- रेहान उर्फ सुक्का, रितिक कुर्मी उर्फ रोशन और फूल सिंह को बुधवार को मुंबई की एस्प्लेनेड कोर्ट में पेश किया गया। पुलिस ने हथियार बरामद करने, इलेक्ट्रॉनिक सबूत जुटाने और हमले के पीछे का मकसद पता लगाने के लिए 14 दिन की हिरासत मांगी थी। बचाव पक्ष ने पुलिस हिरासत का विरोध करते हुए कहा कि आरोपियों से ट्रांजिट रिमांड के दौरान पूछताछ हो चुकी है और इलेक्ट्रॉनिक सबूत जुटाने के लिए उन्हें हिरासत में रखना जरूरी नहीं है। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद तीनों को 31 अक्टूबर तक पुलिस हिरासत में भेज दिया। जुहू में फुटबॉल क्लब के बाहर हुई थी फायरिंग 18 अक्टूबर की शाम मुंबई के जुहू इलाके में टाइगर श्रॉफ एक फुटबॉल क्लब से निकल रहे थे, तभी दो हमलावरों ने उनकी कार पर गोलियां चलाईं। रिपोर्टों के मुताबिक, करीब 6 से 7 राउंड फायर किए गए। टाइगर सुरक्षित बच गए, लेकिन उनके ड्राइवर और व्लॉगर उमेश चौहान घायल हो गए। घटना के बाद हमलावरों की मोटरसाइकिल अंधेरी में लावारिस मिली थी। घायल व्लॉगर के शरीर से गोली निकाली गई व्लॉगर उमेश चौहान का 21 अक्टूबर को मुंबई के KEM अस्पताल में ऑपरेशन किया गया। BMC के मुताबिक, डॉक्टरों ने उनके शरीर में फंसी गोली निकाल दी। ऑपरेशन के बाद उनकी हालत स्थिर थी और उन्हें निगरानी में रखा गया। ------------------------------- यह खबर भी पढ़ें… टाइगर श्रॉफ फायरिंग-आरोपियों ने अमिताभ-सलमान, आमिर-अक्षय की रेकी की थी: सिक्योरिटी ज्यादा थी तो प्लान बदला एक्टर टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग करने वाले आरोपियों ने बताया है कि उन्होंने पहले अमिताभ बच्चन, सलमान खान, आमिर खान और अक्षय कुमार की रेकी की थी, लेकिन सिक्योरिटी ज्यादा होने के कारण प्लान बदल दिया था। आरोपियों के साथ एक चौथा युवक भी था, लेकिन वह हमले से एक रात पहले सिगरेट पीने के बहाने होटल से भाग गया। पूरी खबर पढ़ें..
बैतूल के खेड़ीसांवलीगढ़ क्षेत्र की ग्राम पंचायत सराढ़ के कनारा गांव में कुएं धंसने की लगातार दूसरी घटना सामने आई है। बुधवार सुबह गुल्लर नाले के पास स्थित ग्राम पंचायत का कुआं अचानक धंस गया। ग्रामीणों के मुताबिक, घटना से पहले जमीन के भीतर से धमाके और गड़गड़ाहट जैसी आवाज सुनाई दी। करीब 10 दिन पहले किसान दिनेश पवार के खेत में बना कुआं भी इसी तरह धंस गया था। उस घटना के बाद पास में स्थित बंद हैंडपंप से अचानक पानी निकलने की बात भी सामने आई थी। लगातार हो रही घटनाओं से ग्रामीणों में दहशत है। जानकारी के अनुसार, 11 अक्टूबर की सुबह किसान दिनेश पवार के खेत में बना गहरा कुआं अचानक धंस गया था। कुएं की दीवारें और मुंडेर भरभराकर गिर गई थीं तथा उसमें लगा मोटर पंप मिट्टी में दब गया था। पहले भी आई थी धमाके की आवाजग्रामीणों ने उस समय जमीन के भीतर से धमाके जैसी तेज आवाज सुनने की बात कही थी। कुएं के आसपास जमीन में दरारें भी दिखाई दी थीं। इस घटना के बाद पास में लगे एक बंद हैंडपंप से अचानक पानी निकलने लगा, जो बाद में बंद हो गया। पहली घटना के करीब 10 दिन बाद, 21 अक्टूबर की सुबह पहले कुएं से लगभग 100 मीटर की दूरी पर स्थित ग्राम पंचायत का दूसरा कुआं भी धंस गया। ग्रामीणों के मुताबिक, इस बार भी कुआं धंसने से पहले जमीन के भीतर से धमाके और गड़गड़ाहट जैसी आवाज सुनाई दी। एक साल पहले मकानों में दरार आई थींखेड़ीसांवलीगढ़ के समाजसेवी मनोहर अग्रवाल ने बताया कि क्षेत्र में कुओं की मुंडेर और दीवारें गिरने की घटनाएं सामने आई हैं। ग्रामीणों के अनुसार, आसपास खेतों में बने कुछ मकानों की दीवारों में करीब एक साल पहले भी दरारें आई थीं। जमीन के भीतर से आवाजें सुनाई देने की बात भी ग्रामीण बता रहे हैं। खनिज विभाग के उप संचालक मनीष पालेवार ने बताया कि कनारा गांव में कुएं धंसने की घटनाओं की जानकारी मिली है। मौके पर जाकर घटनाओं की जांच कराई जाएगी। इसके बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि कुएं धंसने के पीछे क्या कारण है और जमीन के भीतर किसी तरह का बदलाव हो रहा है या नहीं। फिलहाल घटनाओं के पीछे भूगर्भीय हलचल, जलस्तर में बदलाव या किसी अन्य कारण की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। ग्रामीणों को जांच के नतीजों का इंतजार है।
बलौदाबाजार में बीच-बचाव करने आए युवक पर हमला:दांत से नाक-कान-गाल और उंगली काटने वाला आरोपी गिरफ्तार
बलौदाबाजार जिले के पलारी थाना क्षेत्र के ग्राम कोसमंदी में दशहरा कार्यक्रम के दौरान चल रहे विवाद को शांत कराने पहुंचे युवक पर एक व्यक्ति ने हमला कर दिया। आरोपी ने युवक को हाथ-मुक्कों से पीटने के बाद दांत से उसकी नाक का अगला हिस्सा काटकर अलग कर दिया। इसके अलावा कान, गाल और हाथ की उंगली भी काट दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। मामले में पलारी पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। दो लोगों के बीच विवाद शांत कराने गया था युवक पुलिस के अनुसार, पीड़ित भुनेश्वर वर्मा (35) ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि घटना की रात करीब 9 बजे गांव में मंदिर के पास दशहरा कार्यक्रम चल रहा था। इसी दौरान गांव के दो लोगों के बीच विवाद और मारपीट हो रही थी। भुनेश्वर दोनों को शांत कराने के लिए बीच-बचाव करने पहुंचा। आरोप है कि इससे नाराज होकर डिगेश्वर साहू (22) ने भुनेश्वर को गालियां दीं और जान से मारने की धमकी देते हुए हाथ-मुक्कों से मारपीट शुरू कर दी। इसके बाद आरोपी ने दांत से उसकी नाक का अगला हिस्सा काटकर अलग कर दिया। उसने कान, गाल और हाथ की उंगली को भी काट लिया। हमले में पीड़ित को गंभीर और गहरे घाव आए। BNS की धाराओं में केस दर्ज, आरोपी गिरफ्तार पीड़ित की रिपोर्ट पर पलारी थाने में आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296, 351(3), 115(2) और 117(3) के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई। पुलिस ने डिगेश्वर साहू को गिरफ्तार कर पूछताछ की। पुलिस के मुताबिक, पूछताछ के दौरान आरोपी ने जुर्म स्वीकार किया। थाना प्रभारी रागनी राय ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करने की तैयारी की जा रही है। मामले में आगे की जांच जारी है। हिंसक गतिविधियों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश पुलिस अधीक्षक गौरव राय के निर्देश पर जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने और हिंसक प्रवृत्ति के असामाजिक तत्वों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति के तहत कार्रवाई की जा रही है। पुलिस ने मामले में आरोपी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की है।
इन्फैंट्री स्कूल, महू 1 नवंबर 2026 को इन्फैंट्री मैराथन 'रनवीर 8.0' का आठवां संस्करण आयोजित करेगा। यह आयोजन इन्फैंट्री दिवस पर होगा। इसका मकसद सैन्य विरासत का सम्मान करना और सेना व नागरिकों के बीच मेलजोल बढ़ाना है। मैराथन की थीम 'साझा कदम, भाईचारे का निर्माण' है। भारतीय सेना ने सभी नागरिकों को इसमें शामिल होने के लिए बुलाया है। प्रतिभागी सैनिकों के साथ 21 किलोमीटर, 10 किलोमीटर और 5 किलोमीटर की दौड़ या वॉक में हिस्सा ले सकेंगे। मैराथन का रास्ता महू के कैंटोनमेंट क्षेत्र से गुजरेगा, जिसमें मॉल रोड, आर्मी वॉर कॉलेज और MCTE जैसे मुख्य स्थल शामिल हैं। दौड़ इन्फैंट्री वॉर मेमोरियल के पास खत्म होगी। सभी प्रतिभागियों को टी-शर्ट, मेडल, बिब, सर्टिफिकेट और जलपान मिलेगा। विजेताओं को नकद इनाम भी दिए जाएंगे। रजिस्ट्रेशन के लिए registration.indianrunning.com पर जाएं। ज्यादा जानकारी के लिए 9977795090 पर संपर्क कर सकते हैं।
सिरसा जिले में खंड डबवाली के गांव पन्नीवाला रुलदू में एमपी लैड योजना के तहत ढाणी में बिजली कनेक्शन के लिए 11 केवी लाइन खींचने के दौरान बिजली निगम के जेई और ठेकेदार के कर्मचारी से कथित मारपीट का मामला सामने आया है। बिजली निगम की शिकायत पर सदर थाना पुलिस ने गुरप्रीत सिंह निवासी पन्नीवाला रुलदू के खिलाफ विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इससे पहले कार्रवाई में देरी के आरोप लगाते हुए विद्युतकर्मियों ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी कर धरना-प्रदर्शन किया। एसडीओं ने दर्ज कराई शिकायत जांच अधिकारी और सदर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर सचिव कुमार के अनुसार, बिजली निगम के एसडीओ की ओर से दी गई शिकायत के अनुसार 19 अक्टूबर को दोपहर करीब 2:30 बजे शिवराज सिंह व अन्य की ढाणी में बिजली आपूर्ति के लिए 11 केवी लाइन खींचने का कार्य किया जा रहा था। यह काम डबवाली के एसडीएम कार्यालय की ओर से नियुक्त ड्यूटी मजिस्ट्रेट एवं पंचायती राज विभाग के एसडीओ पृथ्वीराज की मौजूदगी में बिजली निगम के अधिकारियों और ठेकेदार के कर्मचारियों द्वारा किया जा रहा था। विद्युत पोल तोड़ने का आरोप शिकायतकर्ता के अनुसार, संबंधित व्यक्ति पर पहले भी ट्रैक्टर से टक्कर मारकर बिजली लाइन का करीब 11 मीटर लंबा पोल तोड़ने का आरोप है। बिजली निगम ने इस मामले में भी शिकायत दी थी। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि उस शिकायत पर कार्रवाई नहीं हुई। दो दिन तक कार्रवाई नहीं होने के आरोप के बाद विद्युतकर्मियों ने रोष जताया। इसी दौरान गुरप्रीत सिंह ने जेई मनमोहन सिंह और ठेकेदार के कर्मचारी पवन कुमार पर कुर्सी से हमला करने का प्रयास किया। शिकायत में पवन कुमार के साथ थप्पड़-मुक्कों से मारपीट करने,उसका कुर्ता फाड़ने और दोनों कर्मचारियों को धमकी देने के आरोप भी लगाए हैं।
लखनऊ के आशियाना में शारदा नगर प्रथम से पार्षद हिमांशु अंबेडकर के साथ मारपीट और जानलेवा हमले का मामला सामने आया है। पार्षद ने आशियाना थाने में लिखित शिकायत दी है। कार्रवाई की मांग को लेकर वह थाने में धरने पर बैठ गए हैं। पार्षद हिमांशु अंबेडकर के मुताबिक, 22 अक्टूबर की सुबह करीब 8:15 बजे वह सेक्टर-G, एलडीए कॉलोनी स्थित अपने कार्यालय में मौजूद थे। यह कार्यालय रतन खंड के संत गाडगे जलाशय पार्क में है। इसी दौरान 6 से 7 लोग वहां पहुंचे और जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल करते हुए गाली-गलौज करने लगे। पार्षद ने पुलिस से मामले में कार्रवाई की मांग की है। पिस्तौल लगाकर दी जान से मारने की धमकी आरोप है कि हमलावरों ने जान से मारने की नियत से पार्षद पर पिस्तौल तान दी और उनके साथ मारपीट की। इस दौरान जब भीड़ को आते हुए देखा, तो आरोपी मौके से भागने लगे। जाते-जाते आरोपियों ने धमकी दी कि “अभी तो यह ट्रेलर है, तुम्हारे जैसे बहुत पार्षद देखे हैं, तुम्हें मारकर फेंक देंगे, तुम मेरा कुछ नहीं कर सकते हो। पुलिस से सख्त कार्रवाई की मांग पार्षद हिमांशु अंबेडकर ने थाना प्रभारी, आशियाना को दिए गए शिकायती पत्र में आरोपियों के खिलाफ तुरंत रिपोर्ट दर्ज कर कठोर कानूनी कार्रवाई करने की गुहार लगाई है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
डीडवाना-कुचामन पुलिस ने पंचायत चुनावों के मद्देनजर अवैध शराब पर कार्रवाई की। कुचामन सिटी में बिना नंबर की कार से 2640 पव्वे देसी शराब जब्त हुई। एक आरोपी गिरफ्तार हुआ, जबकि ड्राइवर फरार हो गया। पुलिस अधीक्षक डॉ. प्यारे लाल शिवरान के निर्देश पर कुचामन सिटी थाना पुलिस और डीएसटी ने यह कार्रवाई की। गश्त के दौरान पुलिस ने बिना नंबर की कार रोकने की कोशिश की। ड्राइवर पुलिस को देखकर भागा और कार छोड़कर फरार हो गया। पुलिस ने कार की आगे की सीट पर बैठे बसंत जांगीड़ (37), निवासी पांचोता, नावा शहर को पकड़ा। तलाशी में 55 कार्टून देसी शराब (आरएसजीएसएम) मिली। बसंत को गिरफ्तार कर शराब और कार जब्त की गई। आबकारी अधिनियम के तहत मामला दर्ज हुआ। गिरफ्तार आरोपी से शराब परिवहन के संबंध में पूछताछ जारी है। फरार ड्राइवर की तलाश की जा रही है। कांस्टेबल सुरेंद्र सिंह और कमलेश कुमार का कार्रवाई में विशेष योगदान रहा।
महू में डेवलपमेंट के नाम पर 11 लाख की ठगी:मांगने पर दस्तावेज नहीं दिये, पुलिस ने किया मामला दर्ज
महू थाना क्षेत्र में कॉलोनी डेवलपमेंट में साझेदारी के नाम पर 11 लाख रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। आरोपी विकास चौबे ने खुद को एक जमीन में पार्टनर बताया और शिकायतकर्ता दिनेश अग्रवाल से कॉलोनी विकसित करने का सौदा कर लिया। विकास ने दिनेश से 11 लाख रुपये ले लिए। बाद में जब दिनेश ने जमीन के दस्तावेज, कॉलोनी विकास की अनुमति और नक्शे मांगे, तो आरोपी कुछ भी नहीं दे पाया। जांच में पता चला कि संबंधित जमीन बालाजी बिल्डकाम फर्म के नाम पर थी। फर्म के पार्टनरशिप दस्तावेजों में महेंद्र वैध और असलम खान के नाम दर्ज थे। महेंद्र वैध ने विकास चौबे को पहचानने से इनकार कर दिया और उसकी फर्म में साझेदारी साबित नहीं हुई। जब दिनेश ने विकास को यह बताया, तो उसने जमीन किसी और को बेचने की बात कही। उसने 11 लाख रुपये हर्जाने सहित लौटाने का आश्वासन दिया, लेकिन पैसे वापस नहीं किए। इसके बाद पुलिस ने विकास के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया।
भीलवाड़ा के जहाजपुर कस्बे के नागदी बांध के पास बुधवार देर रात एक कंटेनर बेकाबू होकर बांध में गिर गया, हादसे में कंटेनर ड्राइवर की कंटेनर में फंसने से मौत हो गई। बेकाबू कंटेनर बांध में गिरा नागदी बांध के अंधे मोड़ पर बेकाबू कंटेनर मुड़ने के बजाय सीधे बांध में जा गिरा और ड्राइवर उसके अंदर फंस गया और उसकी मौत हो गई।हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई।घटनास्थल पर लोगों की भीड़ इकट्ठा हो गई,खतरनाक मोड़ पर हुए हादसे को लेकर लोगों में आक्रोश नजर आया। ड्राइवर कंटेनर में फंसा हादसा भीलवाड़ा के जहाजपुर थाना क्षेत्र के नागदी बांध का है। बीती देर रात यहां एक बेकाबू कंटेनर मोड़ पर बांध में जा गिरा।कंटेनर ग्वालियर से कांकरोली जा रहा था और उसमें टायर बनाने में इस्तेमाल होने वाला धागा भरा हुआ था। हाईवे क्रेन ने कंटेनर को बाहर निकाला हादसे की सूचना मिलते ही डिप्टी रेवड़मल मौर्य पुलिस जाप्ते के साथ मौके पर पहुंचे।बचाव एवं राहत कार्य शुरू किया गया।नेशनल हाईवे की दो बड़ी क्रेन मंगवाकर कंटेनर को बांध से बाहर निकाला गया। दुर्घटना में जान गंवाने वाले ड्राइवर की पहचान कन्हैयालाल बेरवा ( 38 ) निवासी कादीसाणा,शाहपुरा के रूप में हुई है। हाईवे अधिकारियों को मौके पर बुलवाया फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।हादसे की सूचना के बाद मौके पार पहुंचे एसडीएम छत्रपाल सिंह ने बताया कि हादसों की रोकथाम के लिए नेशनल हाईवे के अधिकारियों को मौके पर बुलाया गया है।अधिकारी दुर्घटना संभावित बिंदु का निर्धारण करेंगे। इसके बाद हादसों पर रोक लगाने के लिए आवश्यक इंतजाम किए जाएंगे।
लखनऊ के इको गार्डन में मंगलवार को सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों (CHO) का धरना 25वें दिन भी जारी रहा। नियमितीकरण, कैडर बनाने और वेतन विसंगति दूर करने समेत कई मांगों को लेकर प्रदेशभर के CHO प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे कई बार मंत्रियों के आवास पर जाकर अपनी समस्याएं बता चुके हैं, लेकिन अब तक समाधान नहीं हुआ। उन्होंने चेतावनी दी कि मांगें पूरी नहीं होने पर प्रदेश के करीब 17 हजार CHO सामूहिक इस्तीफा देंगे और विधानसभा का घेराव करेंगे। कैडर निर्माण और 4800 ग्रेड पे की मांग CHO संघ के प्रदेश सदस्य सनत सिंह ने बताया कि उनकी प्रमुख मांगों में कैडर निर्माण, हरियाणा की तर्ज पर 4800 ग्रेड पे और सातवें वेतनमान का लाभ शामिल है। इसके अलावा पीवीआई को मूल मानदेय में मर्ज करने की मांग भी उठाई जा रही है। उन्होंने कहा कि शासन और विभागीय अधिकारियों के स्तर पर कई बार वार्ता हुई, लेकिन अभी तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है। प्रदर्शनकारियों के मुताबिक, वे निर्धारित नियमावली के तहत अपने अधिकार और सुविधाएं मांग रहे हैं। उनकी मांगों में नियमितीकरण, सम्मानजनक वेतनमान, स्थानांतरण नीति लागू करने और कैशलेस चिकित्सा सुविधा देने जैसे मुद्दे भी शामिल हैं। मंत्रियों के आवास के चक्कर लगाने के बाद भी समाधान नहीं धरने में शामिल CHO का कहना है कि वे अपनी मांगों को लेकर करीब 10 बार मंत्रियों के आवास पर जा चुके हैं। इसके बावजूद उनकी समस्याओं पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उनका आरोप है कि लंबे समय से स्वास्थ्य सेवाओं में योगदान देने के बाद भी उन्हें वेतन और सेवा संबंधी सुविधाओं को लेकर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। एक महिला CHO ने बताया कि 1956 की नियमावली के अनुसार व्यवस्था लागू करने, कैडर निर्माण और वेतन विसंगति दूर करने की मांग प्रमुख है। उनके मुताबिक, दूसरे कैडरों की तुलना में उन्हें करीब 5,000 रुपये कम मिलते हैं। उन्होंने पीवीआई को मूल मानदेय में शामिल करने की भी मांग की। दो महीने तक भी जारी रखेंगे आंदोलन सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी संगठन की प्रदेश उपाध्यक्ष रश्मि शर्मा ने कहा कि मांगों को लेकर CHO पीछे हटने वाले नहीं हैं। जरूरत पड़ी तो एक-दो महीने तक भी धरना जारी रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि मौजूदा समस्याओं का स्थायी समाधान जरूरी है, क्योंकि वेतन और सेवा से जुड़ी दिक्कतों के कारण उन्हें लंबे समय से परेशानी झेलनी पड़ रही है। बदायूं से आए प्रतीक कुमार और फिरोजाबाद के अमित नायक ने भी कहा कि सरकार की ओर से मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं होने के कारण उन्हें अनिश्चितकालीन धरना देना पड़ रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि समाधान नहीं निकला तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा और सामूहिक इस्तीफे का कदम उठाना पड़ सकता है। चुनाव पर असर पड़ने की कही बात CHO प्रतिनिधियों ने कहा कि प्रदेशभर में करीब 17 हजार सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी गांवों और ग्राम सभाओं में स्वास्थ्य सेवाएं दे रहे हैं। उनका कहना है कि यदि उनकी मांगों की अनदेखी जारी रही तो इसका असर चुनाव के दौरान भी देखने को मिल सकता है। फिलहाल प्रदर्शनकारियों ने मांगें पूरी होने तक धरना जारी रखने और जरूरत पड़ने पर विधानसभा घेराव करने की चेतावनी दी है।
शारदीय नवरात्र के अष्टमी और नवमी पर दुर्गा पूजा पांडालों में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ के बाद बुधवार की शाम से प्रतिमा विसर्जन का सिलसिला शुरू हो गया। गोरखपुर जिले की गोला तहसील क्षेत्र के विभिन्न नदी घाटों पर देर शाम से ही प्रतिमाओं का जुटान होने लगा। निर्धारित क्रम के अनुसार रात में विसर्जन शुरू हुआ, जो गुरुवार दोपहर तक जारी रहा। गाजे-बाजे की धुन, देवी गीतों और मां दुर्गा के जयकारों से पूरा क्षेत्र भक्तिमय बना रहा। नाचते-गाते श्रद्धालुओं ने मां जगदंबा को विदाई दी। प्रतिमाओं के विसर्जन के साथ ही दुर्गा पूजा पांडालों की रौनक भी थम गई। बड़हलगंज में प्रतिमा विसर्जन के लिए विशेष व्यवस्था की गई थी। यहां क्रेन के जरिए दुर्गा प्रतिमाओं को नदी में विसर्जित किया गया। वहीं, गोला क्षेत्र में नाव के माध्यम से प्रतिमाओं का विसर्जन हुआ। पटनाघाट स्थित उग्रसेन पुल के पास भी प्रतिमाओं के विसर्जन का क्रम चलता रहा। बुधवार की शाम से ही विभिन्न गांवों और कस्बों से सजी-धजी प्रतिमाएं जुलूस के साथ घाटों पर पहुंचने लगी थीं। रात होते-होते घाटों पर श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ गई। निर्धारित क्रम के अनुसार प्रतिमाओं को विसर्जन के लिए नदी तक ले जाया गया।ए। बड़हलगंज क्षेत्र में सिधुआपार, साऊंखोर, कोड़ारी, ओझौली, झुमिला बाजार, पिड़हनी, डेरवा और पटनाघाट समेत विभिन्न स्थानों पर स्थापित प्रतिमाएं विसर्जन के लिए निकाली गईं। कस्बे की प्रतिमाओं का विसर्जन पुरानी हनुमानगढ़ी घाट से क्रेन के जरिए सरयू नदी में किया गया। जबकि पौहरिया, नेतवार पट्टी और सीधेगौर की प्रतिमाओं का विसर्जन कपरवार घाट पर उग्रसेन पुल से राप्ती नदी में हुआ। ग्रामीण क्षेत्रों में भी नदी और तालाबों में प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया। उरुवा क्षेत्र में कुआनो नदी के घाटों पर प्रतिमाओं का विसर्जन हुआ। यहां भी बुधवार रात से श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रही। गुरुवार दोपहर तक अलग-अलग घाटों पर विसर्जन का सिलसिला चलता रहा। मां दुर्गा को विदाई देने पहुंचे श्रद्धालुओं ने अगले वर्ष फिर आने की कामना की।
बड़वानी में नर्सिंग छात्राओं का छात्रवृत्ति, फीस और अंकसूची को लेकर आंदोलन गुरुवार को 11वें दिन भी जारी रहा। छात्राएं एसपी निवास के सामने कारंजा चौपाटी पर कड़ी धूप में धरना दे रही हैं। उनका आरोप है कि आंदोलन खत्म कराने के लिए धरना स्थल से सामान हटा दिया गया। छात्राओं ने मामले में एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। छात्राओं के मुताबिक, दशहरे के बाद धरना स्थल से टेंट, बैनर-पोस्टर, गद्दे और पानी का डिब्बा गायब हो गए। बुधवार सुबह करीब 25 छात्राएं धरना स्थल पर पहुंचीं तो सामान नहीं मिला। इसके बाद छात्राएं छात्र नेता सुमेर सिंह बड़ोले के साथ थाने पहुंचीं और सामान गायब होने की शिकायत कर एफआईआर दर्ज करने की मांग की। छात्र नेता सुमेर सिंह बड़ोले ने आरोप लगाया कि आंदोलन समाप्त कराने के उद्देश्य से धरना स्थल का सामान हटाया गया है। हालांकि, सामान किसने हटाया, यह स्पष्ट नहीं है। 39 हजार की जगह 60 से 65 हजार रुपए फीस लेने का आरोप छात्र नेता सुमेर सिंह बड़ोले के अनुसार, नियमानुसार प्रति विद्यार्थी 39 हजार रुपए फीस ली जानी थी, लेकिन कॉलेज ने आवास और अन्य मदों के नाम पर 60 से 65 हजार रुपए तक वसूले। छात्रा पायल वास्कले ने बताया कि प्रथम वर्ष में कोरोना काल के दौरान भी 65 हजार रुपए फीस ली गई थी। दूसरे वर्ष में आवास भत्ते की एक किस्त मिली, जबकि बाकी राशि विद्यार्थियों को खुद जमा करनी पड़ी। छात्राओं का कहना है कि छात्रवृत्ति नहीं आने के कारण उन पर घर से फीस जमा करने का दबाव बनाया जा रहा है। इससे आर्थिक परेशानी बढ़ रही है। पांच की अंकसूची लंबित, 25 के पंजीयन प्रपत्र अटके छात्राओं के अनुसार, पांच विद्यार्थियों की अंकसूची अब तक लंबित है, जबकि 25 विद्यार्थियों के पंजीयन प्रपत्र आगे नहीं भेजे गए हैं। इससे उनकी पढ़ाई और आगे की प्रक्रिया प्रभावित हो रही है। छात्राएं लंबित अंकसूची और जरूरी दस्तावेज जारी करने, फीस संबंधी विवाद सुलझाने तथा छात्रवृत्ति की समस्या का निराकरण करने की मांग कर रही हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि मांगों का समाधान होने तक कारंजा चौपाटी पर धरना जारी रहेगा।
बालाघाट जिले के कटंगी निवासी अनिल सोनवाने (पिता चेतन सोनवाने) की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। गुरुवार को जिला अस्पताल में शव का पोस्टमार्टम कराया गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पड़ोसी अंकेश मेश्राम ने बताया कि अनिल की शादी 6 महीने पहले हुई थी। वह परिवार में दो बहनों का इकलौता भाई था। पिछले कुछ दिनों से वह लगातार शराब पी रहा था। पड़ोसी ने आशंका जताई कि अधिक शराब पीने के कारण उसकी मौत हुई होगी। हालांकि, मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा सूचना मिलने पर ग्रामीण पुलिस ने शव बरामद किया। पुलिस ने मौत को संदिग्ध मानते हुए परिजनों की मौजूदगी में पंचनामा कार्रवाई की और शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस के मुताबिक, मामले की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के निष्कर्षों के आधार पर मौत के कारणों का पता चलेगा।
विदिशा जिले के शमशाबाद में दशहरा पर्व मनाया गया। दशहरे के दूसरे दिन नगर के मेला ग्राउंड में रावण दहन किया गया। इससे पहले आतिशबाजी और रामलीला का मंचन हुआ। रावण दहन के साथ ही मैदान जय श्रीराम के जयकारों से गूंज उठा। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। ग्रामीण कलाकारों ने रामलीला का मंचन किया कार्यक्रम की शुरुआत ग्रामीण कलाकारों की रामलीला से हुई। कलाकारों ने भगवान श्रीराम के जीवन से जुड़े प्रसंगों और रावण के अत्याचारों का मंचन किया। रामलीला के जरिए धर्म, मर्यादा और सत्य का संदेश दिया गया। इसके बाद आतिशबाजी के बीच रावण के पुतले का दहन किया गया। रावण दहन होते ही लोगों ने जय श्रीराम के जयकारे लगाए। विधायक ने रावण को बताया विद्वान समारोह में विधायक सूर्यप्रकाश मीणा और अन्य अतिथियों का नगर परिषद की ओर से स्वागत किया गया। विधायक मीणा ने रामायण के प्रसंगों का जिक्र करते हुए रावण को विद्वान बताया। उन्होंने कहा कि ज्ञान और अच्छे विचारों का महत्व समझना जरूरी है। उन्होंने दशहरा पर्व का संदेश देते हुए भगवान श्रीराम के आदर्शों को जीवन में अपनाने और बुराई से दूर रहने की बात कही। समारोह में लोगों ने आतिशबाजी और जयकारों के बीच पर्व का आनंद लिया। ग्रामीण कलाकारों की रामलीला आयोजन का खास आकर्षण रही। देखें कार्यक्रम की तस्वीरें
रायसेन में स्वच्छता का संदेश देने निकली रैली:गीला-सूखा कचरा अलग रखने और सड़क पर नहीं फेंकने की अपील
रायसेन नगर पालिका परिषद ने शहरवासियों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने के लिए कचरा संग्रहण वाहनों की रैली निकाली। रैली नगर पालिका अध्यक्ष सविता जमना सेन और मुख्य नगर पालिका अधिकारी सुरेखा जाटव के मार्गदर्शन में आयोजित की गई। गीला-सूखा कचरा अलग रखने की अपील रैली मुख्य सड़क से होते हुए सामुदायिक भवन पहुंचकर समाप्त हुई। इस दौरान लोगों से गीले और सूखे कचरे को अलग-अलग डस्टबिन में रखने की अपील की गई। नागरिकों से कहा गया कि कचरा सिर्फ कचरा संग्रहण वाहनों में ही डालें। सड़क, नाली और सार्वजनिक स्थानों पर कचरा नहीं फेंकें। नगर पालिका का उद्देश्य शहर को साफ और सुंदर बनाए रखना है। नगर पालिका के अधिकारी-कर्मचारी हुए शामिल रैली में नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिनिधि जमना सेन, स्वच्छ भारत मिशन की नोडल अधिकारी नेहा पटेल और मुख्य स्वच्छता निरीक्षक शशिकांत मोहोड मौजूद रहे। नगर पालिका के अधिकारी-कर्मचारी और एवीएस कंसल्टेंसी एंड सर्विसेस भोपाल के कर्मचारी भी रैली में शामिल हुए।
नीमच कृषि उपज मंडी में एक किसान के साथ तौल में धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। उज्जैन जिले के पालसोडा गांव से उड़द बेचने आए किसान के साथ बोरी की भर्ती में गड़बड़ी की कोशिश की गई। पीड़ित किसान ने बघाना थाने में शिकायत दर्ज कराई है। किसान रोहित रघुवंशी ने बताया कि वे पहली बार नीमच मंडी आए थे। तौल के दौरान हम्मालों ने कथित तौर पर गड़बड़ी की। नियमानुसार प्रति बोरी 50 किलो उड़द भरनी थी, लेकिन हम्माल जबरन उसे 60 से 62 किलो तक भरने लगे। इससे किसान को प्रति बोरी 10 से 12 किलो का सीधा नुकसान हो रहा था। जब किसानों ने इसका विरोध किया, तो आरोपियों ने उन्हें पैसों का लालच दिया और धमकाया। दूसरी जगह वजन कराने पर भारी अंतर मिला, जिससे धोखाधड़ी का शक गहरा गया। मंडी सचिव ने मामले की गंभीरता को देखते हुए बघाना थाना प्रभारी को पत्र लिखा है। उन्होंने धोखाधड़ी में शामिल हम्मालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
कोयले से भरा ट्रक घर पर पलटा:परिवार आगंन में था, 3 बकरियों की मौत, चालक घायल
शहडोल में एनएच-43 पर गुरुवार सुबह कोयले से भरा एक ट्रक सड़क किनारे बने मकान के कमरे पर पलट गया। ट्रक रामपुर खदान से कोयला लेकर अनूपपुर जा रहा था। अचानक टायर फटने से चालक का वाहन पर नियंत्रण खो बैठा। ट्रक के पलटने से कमरे को काफी नुकसान पहुंचा और उसकी चपेट में आने से तीन बकरियों की मौत हो गई। हादसे के समय परिवार के सभी सदस्य आंगन में थे, जिससे बड़ा नुकसान होने से बच गया। घटना में ट्रक चालक घायल हो गया। अमलाई थाना क्षेत्र में एनएच-43 पर टायर फटने के बाद ट्रक अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे उतरा और मकान के कमरे पर पलट गया। ट्रक के भारी वजन से कमरे और उसमें रखे सामान को नुकसान पहुंचा। हादसे की खबर मिलते ही अमलाई थाना प्रभारी भूपेंद्र मणि पांडे टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घायल चालक को अस्पताल पहुंचाया और घटना की जांच शुरू की। शुरुआती जांच में टायर फटना हादसे की वजह बताई जा रही है।
सवाई माधोपुर जंक्शन पर गुरुवार को रेलवे प्रशासन की ओर से रेल जनसंवाद कार्यक्रम किया गया। जिसमें रेलवे यात्रियों को रेलवे से जुड़े कानूनों और सुरक्षा नियमों की जानकारी दी गई। इस दौरान रेलवे अधिकारियों ने जन विश्वास एक्ट के बारे में बताया और यात्रियों से रेलवे नियमों का पालन करने की अपील की। इसी के साथ नियमों के खिलाफ जाने पर जुर्माना लगाने के बारे में बताया। जन विश्वास एक्ट के बारे में बताया सवाई माधोपुर जंक्शन के स्टेशन प्रबंधक लोकेंद्र मीणा ने बताया- रेल मंत्रालय की ओर से हाल ही में जन विश्वास एक्ट लागू किया गया है। इसका उद्देश्य लोगों में विश्वास बढ़ाते हुए रेलवे नियमों के प्रति जागरूकता लाना और कानूनों का पालन सुनिश्चित करना है। इसी उद्देश्य से स्टेशन पर यात्रियों के साथ बात कर उन्हें रेलवे के सभी नियमों की जानकारी दी गई। इन रेलवे नियमों की पालन करने की अपील नियमों का उल्ल्घंन करने पर सजा का प्रावधान इस दौरान रेलवे चेक पोस्ट सवाई माधोपुर के प्रभारी मानसिंह ने यात्रियों को रेलवे कानूनों का उल्लंघन करने पर लागू जुर्माने और सजा के प्रावधानों के बारे में बताया। उन्होंने यात्रियों से रेलवे परिसर में अनुशासन बनाए रखने और सुरक्षित रेल यात्रा के लिए निर्धारित नियमों की पालन करने को कहा। रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की कि वे खुद नियमों का पालन करें और दूसरों को भी इसके लिए जागरूक करें, ताकि रेलवे परिसर में सुरक्षा व्यवस्था बनी रहे और संभावित दुर्घटनाओं को रोका जा सके।
गुना जिले की ग्राम पंचायत पाड़ोन में माध्यमिक विद्यालय कुम्हारी और पंचायत भवन के साझा मैदान में मक्का सुखाने का मामला सामने आया है। ग्रामीणों का आरोप है कि सरपंच ने कटाई के बाद अपनी मक्का की फसल मैदान में डाल दी है। इससे विद्यार्थियों और शिक्षकों को परेशानी हो रही है। ग्रामीणों ने इस संबंध में एक वीडियो भी जारी किया है। इसमें मैदान में बड़ी मात्रा में मक्का फैली दिखाई दे रही है। ग्रामीणों के मुताबिक, इस मैदान का इस्तेमाल बच्चे खेलकूद और स्कूल की अन्य गतिविधियों के लिए करते हैं। मक्का फैली होने से इन गतिविधियों पर असर पड़ रहा है। मैदान में मक्का के भुट्टे रखने का आरोप ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि रतन सिंह धनु, बाबू अमर सिंह टन्या और पाड़ोन सरपंच ने मनमाने तरीके से मैदान में मक्का के भुट्टे रखे हैं। उनका कहना है कि फसल के कारण मैदान का उपयोग नहीं हो पा रहा है। साथ ही, मक्का से निकला कचरा और गंदगी भी मैदान में फैल रही है। प्रशासन से मैदान खाली कराने की मांग ग्रामीणों ने प्रशासन और शिक्षा विभाग से मामले की जांच कराने और मैदान से मक्का हटवाने की मांग की है। उन्होंने सार्वजनिक परिसर का निजी फसल सुखाने के लिए इस्तेमाल रोकने की भी मांग की है। इस मामले में पक्ष जानने के लिए सरपंच से कई बार संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उनका फोन नहीं लगा।
उमरिया जिले के पिपरिया नाका पर रेत कंपनी के कर्मचारियों और ग्रामीणों के बीच विवाद हुआ। यह विवाद अवैध रेत ले जा रही ट्रैक्टर-ट्रॉली को रोकने को लेकर हुआ। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर मारपीट और गाली-गलौज का आरोप लगाते हुए कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराई है। बुधवार को नेशनल हाईवे-43 स्थित पिपरिया नाका से कथित तौर पर अवैध रेत लेकर एक ट्रैक्टर-ट्रॉली निकल रही थी। रेत कंपनी के कर्मचारी जीतू सिंह ने उसे रोकने की कोशिश की। कंपनी कर्मचारियों का आरोप है कि ट्रैक्टर रोकने पर ग्रामीणों ने उनके साथ मारपीट और गाली-गलौज की। वहीं, ग्रामीणों ने भी कंपनी कर्मचारियों पर मारपीट और गाली-गलौज करने का आरोप लगाया है। ग्रामीणों की ओर से सुमित राय और रेत कंपनी की ओर से शिकायत की गई है। कोतवाली थाना प्रभारी मदनलाल मरावी ने गुरुवार को बताया कि दोनों पक्षों से शिकायत मिली है। मामले की जांच जारी है और नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
करनाल जिले के बड़ागांव के 17 वर्षीय युवक अक्षय की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। उसकी बाइक गांव से करीब दो किलोमीटर दूर सड़क किनारे टूटी हुई मिली। परिवार को अगले दिन बाइक के क्षतिग्रस्त हालत में पड़े होने की जानकारी मिली, जिसके बाद परिजन अस्पताल पहुंचे। वहां पता चला कि अक्षय की मौत हो चुकी है। परिवार को आशंका है कि रास्ते में उसके साथ हादसा हुआ, लेकिन अभी यह स्पष्ट नहीं है कि उसकी मौत दुर्घटना में हुई या इसके पीछे कोई दूसरी वजह है। परिजनों ने पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच कर मौत के कारणों का पता लगाने की मांग की है। चौगांवा ढाबे पर काम करता था अक्षय परिजनों ने बताया कि अक्षय चौगांवा ढाबे पर काम करता था। वह कल दोपहर करीब 3 बजे अपनी बाइक लेकर घर से निकला था। परिवार को लगा कि वह रोज की तरह काम पर गया है। वह कई बार रात को ढाबे पर ही रुक जाता था, इसलिए शुरुआत में किसी को चिंता नहीं हुई। हालांकि, अक्षय ढाबे पर भी नहीं पहुंचा और उसका फोन बंद आने लगा। इससे परिवार की परेशानी बढ़ गई। पिता के घर पहुंचने पर नहीं मिला बेटा अक्षय के पिता नर्सरी में काम करते हैं। परिजनों के अनुसार, वह आज सुबह करीब 4 बजे घर पहुंचे, तो अक्षय वहां नहीं था। उन्हें लगा कि बेटा काम पर होगा, लेकिन बाद में पता चला कि वह ढाबे पर भी नहीं पहुंचा था। अगले दिन परिवार को जानकारी मिली कि बड़ागांव से करीब दो किलोमीटर दूर रास्ते में अक्षय की बाइक टूटी हुई पड़ी है। बाइक घटनास्थल से काफी दूर मिली थी। इसके बाद परिजन उसकी तलाश में अस्पताल पहुंचे। किसने अस्पताल पहुंचाया, जानकारी नहीं परिजनों ने बताया कि हादसे में घायल अक्षय को पहले सिविल अस्पताल ले जाया गया था, जहां से उसे कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल रेफर कर दिया गया। परिवार का कहना है कि उन्हें यह जानकारी नहीं है कि अक्षय को अस्पताल में किसने भर्ती कराया। बेटे की मौत की खबर मिलने के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। पुलिस से निष्पक्ष जांच की मांग परिजनों का कहना है कि बाइक टूटी मिलने और अक्षय की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत होने के कारण कई सवाल खड़े हो रहे हैं। अभी यह साफ नहीं है कि उसके साथ सड़क हादसा हुआ था या कोई अन्य अनहोनी हुई। परिवार ने पुलिस से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर मौत की असल वजह सामने लाने की मांग की है।
जैतपुर वन परिक्षेत्र के अमहा गांव में बुधवार रात 45 वर्षीय कुंवर सिंह गोंड पर भालू ने हमला कर दिया। रात करीब 10 बजे हुए इस हमले में वह घायल हो गए। उन्हें पहले जैतपुर में प्राथमिक उपचार दिया गया, फिर बिरसा मुंडा मेडिकल कॉलेज, शहडोल रेफर किया गया। डॉक्टरों ने उनकी हालत स्थिर बताई है। कुंवर सिंह बुधवार शाम अपने नए घर गए थे। वहां से लौटते समय रास्ते में अचानक भालू सामने आ गया। देर रात तक घर नहीं पहुंचने पर परिजनों ने उन्हें तलाशना शुरू किया। कुछ देर बाद वह रास्ते में घायल हालत में मिले। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम सक्रिय हुई। जैतपुर वन परिक्षेत्र के रेंजर अमित सिंह चंदेल भी अस्पताल पहुंचे और डॉक्टरों से जानकारी ली। उन्होंने पीड़ित को हरसंभव मदद और नियमानुसार आर्थिक सहायता दिलाने का भरोसा दिया। शहडोल जिले में इस साल भालू के हमले में दो लोगों की मौत हो चुकी है।
बागपत में टटीरी चौकी प्रभारी सीमा सिंह समेत 14 पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर किया गया है। दरअसल, पिछले शुक्रवार को एक ही कॉलेज के दो छात्रों के बीच रामलीला में विवाद हो गया। जिसके बाद ग्रामीणों ने मामला शांत कराया। बुधवार को दोनों छात्र पेपर देने गए। इसके बाद दोबारा विवाद हो गया। इसके बाद एक पक्ष के छात्र ने फोन कर गांव वालों को बुला लिया। फिर कॉलेज में घुसकर दोनों पक्षों के बीच मारपीट हुई। घटना का वीडियो गुरुवार को सामने आया। इसके बाद एसपी पूर्णेंदु सिंह ने सभी 14 पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया। मामला जिला मुख्यालय से 10 किलोमीटर दूर शहर कोतवाली क्षेत्र का है। अब जानिए पूरा मामला पदड़ा गांव में शुक्रवार को रामलीला मंचन के दौरान निबाली गांव के रहने वाले मोहित और पदड़ा गांव के रहने वाले गय्यूर के बीच विवाद हो गया। दोनों के बीच वर्चस्व को लेकर काफी समय से विवाद चल रहा था। उस समय लोगों ने दोनों पक्षों को शांत करा दिया था। दोनों पक्षों के युवक शास्त्री स्मारक इंटर कॉलेज में पढ़ते हैं। कॉलेज में अर्द्धवार्षिक परीक्षाएं चल रही हैं। बुधवार को दोनों पक्षों के छात्र परीक्षा देने पहुंचे थे। वहां पुराने विवाद को लेकर मोहित और मयूर के बीच फिर से कहासुनी हो गई। इसके बाद देखते ही देखते दोनों ओर से लाठी-डंडों से हमला शुरू हो गया। इस दौरान कॉलेज परिसर में अफरा-तफरी मच गई। आरोप है कि बुधवार सुबह मोहित और विपुल के कॉलेज पहुंचने के कुछ देर बाद गय्यूर पक्ष के पांच-छह युवक जबरन परिसर में घुस आए। इसके बाद उन पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। बीच-बचाव करने पहुंचे मोहित के साथ भी मारपीट की गई। इसके बाद दोनों पक्षों के परिवार के लोग आमने-सामने आ गए। ग्रामीणों के जुटने पर मामला और गंभीर हो गया। बवाल के दौरान शिक्षकों ने दरवाजे और खिड़कियां बंद कीं सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों पक्षों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन विवाद शांत नहीं हुआ। आरोप है कि दोनों पक्षों के लोगों ने पुलिसकर्मियों पर भी पथराव किया। इससे मौके पर भगदड़ मच गई। पुलिसकर्मियों ने दीवार की आड़ लेकर बचाव किया, जबकि शिक्षकों ने स्कूल के दरवाजे और खिड़कियां बंद कर लीं। छात्र चीख-पुकार मचाने लगे। बाद में पुलिस ने लाठियां फटकारकर हंगामा कर रहे लोगों को तितर-बितर किया। आरोपित धमकी देते हुए खेतों की ओर भाग गए। संघर्ष में एक पक्ष से कक्षा 11 के छात्र मोहित और कक्षा 9 के छात्र विपुल धामा गंभीर रूप से घायल हो गए। वहीं, दूसरे पक्ष से कक्षा 12 के छात्र मिस्बाह, कक्षा 10 के छात्र अरमान, अलीसान और गय्यूर पक्ष का एक अन्य व्यक्ति घायल हो गया। घायलों को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद मोहित और विपुल को हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। पुलिस ने 71 लोगों पर केस दर्ज किया चौकी प्रभारी सीमा सिंह की ओर से दर्ज कराए गए मुकदमे में दोनों पक्षों के लोगों पर गाली-गलौज करने और लाठी-डंडों, फरसा, भाले, लोहे की रॉड तथा ईंट-पत्थरों से हमला करने का आरोप लगाया गया है। पुलिस ने दोनों पक्षों के 21 नामजद समेत कुल 71 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। जिसके बाद 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। बाकी की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। तनाव को देखते हुए दोनों गांवों में पुलिस बल तैनात किया गया है। 14 पुलिसकर्मी लाइन हाजिर किए गए एसपी पूर्णेंदु सिंह ने चौकी प्रभारी सीमा सिंह के अलावा दरोगा आलोक कुमार, महिला हेड कांस्टेबल कोमल, हेड कांस्टेबल कैलाश, शिवदत्त, कन्हैया लाल, राकेश कुमार, करतार सिंह, रामकुमार, गजेंद्र सिंह और विपिन कुमार तथा कांस्टेबल अभिषेक, विशाल पंवार और लवकुश को तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया है। ………… ये खबर भी पढ़िए… भाजपा विधायक ने गोदाम प्रभारी को थप्पड़ जड़े, VIDEO: बोले- तुम अखिलेश यादव के आदमी हो महोबा में भाजपा विधायक बृजभूषण राजपूत ने बुधवार को राजकीय कृषि बीज भंडार के प्रभारी को थप्पड़ जड़ दिए। उससे कहा- तुम अखिलेश यादव से मिले हो, गरीब लोगों की बलि क्यों चढ़ाना चाहते हो। बीज किसे भेज रहे थे, बताते क्यों नहीं। इनके लिए जूते की माला मंगाओ और लहंगा चुनरी पहनाकर जुलूस निकालो। ये ऐसे नहीं मानेंगे। चरखारी विधानसभा सीट से विधायक बृजभूषण चने के बीज की कालाबाजारी की शिकायत पर पहुंचे थे। मौके पर पिकअप में चने के बीज की करीब 100 बोरियां लदी देखीं तो उनका पारा चढ़ गया। पढ़ें पूरी खबर…
बारां में पंचायती राज चुनाव में मतदान बढ़ाने के लिए जागरूकता अभियान चल रहा है। जिला निर्वाचन अधिकारी बालमुकुंद असावा और सीईओ शिवेंद्र प्रताप के निर्देश पर किशनगंज की सौभागपुरा पंचायत में 'वोट बारात' निकाली गई। सह प्रभारी अमित भार्गव ने इसे हरी झंडी दिखाई। भार्गव ने कहा, मतदान लोकतंत्र की ताकत है और हर मतदाता को वोट डालना चाहिए। 'वोट बारात' मतदान को उत्सव के रूप में मनाने का संदेश देती है। उन्होंने छात्रों व ग्रामीणों से खुद वोट डालने और परिवार को भी प्रेरित करने को कहा। बारात स्कूल से शुरू होकर बढ़ चौक पहुंची, जहां मानव श्रृंखला बनी। विद्यार्थी स्लोगन लिखी तख्तियां लेकर 'काल्यो पहुंच गयो बूथ पर' गीत पर नाचते हुए चले। ढोल-नगाड़ों व रंग-बिरंगी ओढ़नी-चुंदरी में सजी महिलाओं ने बारात को खास बनाया। ईएलसी अध्यक्ष को प्रतीकात्मक दूल्हा बनाया गया। भार्गव ने ईसीआई नेट व सी-विजिल ऐप की जानकारी दी। ज्योति प्रकाश शर्मा ने बताया, मकसद मतदान दिवस को उत्सव बनाना है। प्रधानाचार्य जगदीश नागर सहित स्टाफ व ग्रामीण भी मौजूद थे।
बीकानेर की खुली जेल से बंदी फरार:सुबह की गिनती के समय पता चला, हिसार का रहने वाला था
बीकानेर की बीछवाल स्थित खुली जेल से बुधवार को एक बंदी फरार हो गया। 21 अक्टूबर की सुबह बंदियों की नियमित गिनती और हाजिरी के दौरान डिम्पी उर्फ सैंकी माली गैरहाजिर मिला। तलाश करने पर वह जेल परिसर में नहीं मिला। जेल प्रहरी की रिपोर्ट पर बीछवाल पुलिस थाने में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस और जेल प्रशासन बंदी की तलाश कर रहे हैं। सुबह हाजिरी के दौरान पता चला खुली जेल के प्रभारी और प्रहरी राहुल चंदेला ने बीछवाल पुलिस को दी रिपोर्ट में बताया कि हिसार के सैनियान मोहल्ले का रहने वाला बंदी डिम्पी उर्फ सैंकी माली अदालत से सजा मिलने के बाद खुली जेल में शिफ्ट किया गया था। रिपोर्ट के अनुसार, 21 अक्टूबर की सुबह बंदियों की गिनती और हाजिरी लगाई गई तो डिम्पी उर्फ सैंकी गैरहाजिर मिला। इसके बाद उसकी तलाश की गई, लेकिन वह खुली जेल में कहीं नहीं मिला। आशंका है कि वह 20 अक्टूबर की रात को ही जेल से बाहर निकल गया और वापस नहीं लौटा। अच्छे व्यवहार पर खुली जेल में किया जाता है शिफ्ट आमतौर पर अच्छे व्यवहार वाले बंदियों को बीकानेर के केंद्रीय कारागार से खुली जेल में शिफ्ट किया जाता है। यहां बंदी दिन में बाहर जाकर आम जिंदगी की तरह रह सकते हैं और मजदूरी का काम भी करते हैं। हालांकि, उन्हें रात खुली जेल में ही गुजारनी होती है। इसी व्यवस्था के तहत डिम्पी उर्फ सैंकी माली को भी खुली जेल में रखा गया था। उसके गैरहाजिर मिलने के बाद बीछवाल पुलिस थाने में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस और जेल प्रशासन उसकी तलाश में जुटे हैं।
इंदौर के एमआईजी क्षेत्र में गर्म दाल से झुलसे 30 वर्षीय युवक की एमवाय अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। परिजन ने डॉक्टरों पर गलत इंजेक्शन लगाने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि इंजेक्शन देने के बाद युवक को होश नहीं आया। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। मौत के कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। गर्म दाल लेकर आते समय झुलसा एमआईजी पुलिस के मुताबिक, आकाश (30) पुत्र कन्हैयालाल वर्मा निवासी सोमनाथ की चाल रविवार को घर में गर्म दाल से झुलस गया था। उसके पैर बुरी तरह जल गए थे। परिजन उसे उपचार के लिए एमवाय अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां उसे भर्ती किया गया। रिश्तेदारों ने बताया कि आकाश का परिवार एमआईजी मेन रोड पर दाल-पकवान की दुकान चलाता है। दुकान के लिए दाल घर पर ही उबाली जाती है। आकाश ऊपर के कमरे से नीचे दाल लेकर आ रहा था, तभी वह गर्म दाल से झुलस गया। इंजेक्शन के बाद होश नहीं आने का आरोप परिजन के मुताबिक, मंगलवार रात दर्द के कारण आकाश चिल्ला रहा था। इसी दौरान डॉक्टरों ने उसे एक इंजेक्शन लगाया। परिवार का आरोप है कि इसके बाद आकाश को होश नहीं आया। बुधवार रात डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने परिजन के आरोपों के बाद शव का पोस्टमार्टम कराया है। इंजेक्शन और मौत के बीच संबंध की पुष्टि फिलहाल नहीं हुई है। खुड़ैल में जहर खाने से व्यक्ति की मौत एक अन्य मामले में खुड़ैल क्षेत्र के तिल्लोर खुर्द निवासी अजय (46) पुत्र दयाशंकर की एमवाय अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। परिजन बुधवार को उसे उपचार के लिए अस्पताल लेकर पहुंचे थे। पुलिस के मुताबिक, अजय ने जहर खा लिया था। मामले में मर्ग कायम कर जांच की जा रही है।
मंदसौर में दो बाइकों की आमने-सामने टक्कर:किसान की मौत, बेटी और भतीजी समेत 4 लोग घायल
मंदसौर में सेतखेड़ी फाटक के पास बुधवार रात दो मोटरसाइकिलों की टक्कर हो गई। हादसे में छाजूखेड़ा निवासी 55 वर्षीय किसान शिवपाल सिंह की मौत हो गई। चार लोग घायल हुए हैं। इनमें शिवपाल का 4 साल का पोता खुशपाल भी शामिल है, जिसे मामूली चोट आई है। बेटी, भतीजी और पोते के साथ लौट रहे थे शिवपाल शिवपाल सिंह अपनी बेटी दौलत कुंवर (22), भतीजी गीता कुंवर (22) और पोते खुशपाल (4) के साथ सोनगरी से लौट रहे थे। सेतखेड़ी फाटक के पास उनकी बाइक दूसरी मोटरसाइकिल से टकरा गई। शिवपाल के सिर और चेहरे पर गंभीर चोटें आईं। उन्हें जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। दूसरी बाइक के दोनों घायल उदयपुर भेजे हादसे में दौलत कुंवर के सिर में गंभीर चोट आई है। उन्हें रतलाम रेफर किया गया है। गीता कुंवर के सिर और गर्दन पर चोटें आई हैं। दूसरी बाइक पर सवार फतेहगढ़ निवासी रवि सूर्यवंशी (28) और सेतखेड़ी निवासी अनिल भी घायल हुए हैं। गंभीर हालत में दोनों को उदयपुर रेफर किया गया है। पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही नई आबादी थाना पुलिस ने मर्ग कायम किया है। शिवपाल के शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद उसे परिजनों को सौंप दिया गया। थाना प्रभारी कुलदीप सिंह राठौर के मुताबिक, हादसे में चार लोग घायल हुए हैं। इनमें से तीन को रेफर किया गया है। पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है।

