बहराइच मेडिकल कॉलेज में आपदा मॉक ड्रिल:भूकंप-अग्निकांड से बचाव के तरीके सिखाए गए
बहराइच जिले के मेडिकल कॉलेज में गुरुवार को आपदा मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। इसका उद्देश्य भूकंप और अग्निकांड जैसी आपात स्थितियों में बचाव एवं नियंत्रण की तैयारियों का आकलन करना था। इस दौरान एनडीआरएफ टीम के सदस्यों अभिजीत यादव, गगन, पिंटू कुमार, विजय बहादुर और सर्वेश यादव ने लोगों को भूकंप व अग्निकांड जैसी आपदाओं के समय स्वयं और मरीजों को सुरक्षित रखने के तरीके बताए। मॉक ड्रिल का मुख्य उद्देश्य वास्तविक आपदा की स्थिति में अस्पताल की त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता का परीक्षण करना और चिकित्सकों व कर्मचारियों को प्रशिक्षित करना था। अस्पताल कर्मियों ने इस अभ्यास में सफल प्रदर्शन किया। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय खत्री ने इस पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसी मॉक ड्रिल समय-समय पर आयोजित होना अत्यंत आवश्यक है ताकि आपदा की स्थिति में जान-माल की हानि को रोका जा सके। अस्पताल प्रशासन ने भविष्य में भी इस प्रकार के मॉक ड्रिल जारी रखने का संकल्प लिया है। इस अवसर पर सीएमएस डॉ. एम.एम.एम. त्रिपाठी, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक, नोडल अधिकारी और अस्पताल प्रबंधक रिजवान सहित कई अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।
40 लाख की चरस के साथ दो तस्कर गिरफ्तार:अंतर्राष्ट्रीय गिरोह का भंडाफोड़, नेपाल से होती थी सप्लाई
फिरोजाबाद पुलिस और एएनटीएफ आगरा की संयुक्त टीम ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतर्राष्ट्रीय चरस तस्करी गिरोह के दो सदस्यों को गिरफ्तार किया है। उनके पास से 5 किलो 753 ग्राम चरस बरामद हुई है, जिसकी अंतर्राष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत लगभग 40 लाख रुपये बताई जा रही है। यह कार्रवाई जनपद में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत की गई। उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक के निर्देश पर चलाए जा रहे मादक पदार्थ तस्करी विरोधी अभियान के क्रम में यह सफलता मिली। फिरोजाबाद के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन और अपर पुलिस अधीक्षक नगर के पर्यवेक्षण में, क्षेत्राधिकारी एएनटीएफ आगरा जोन और क्षेत्राधिकारी नगर फिरोजाबाद के नेतृत्व में संयुक्त टीम ने इस ऑपरेशन को अंजाम दिया। पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि नेपाल से चरस लेकर अंतर्राष्ट्रीय गिरोह के सदस्य फिरोजाबाद आ रहे हैं। इस सूचना के आधार पर, पुलिस टीम ने थाना रसूलपुर क्षेत्र के नगला बरी चौराहा (फतेहाबाद रोड) के पास घेराबंदी की और दो संदिग्धों को पकड़ लिया। तलाशी लेने पर उनके कब्जे से भारी मात्रा में चरस बरामद हुई। पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि वे नेपाल से सस्ते दामों पर चरस खरीदते थे और इसे उत्तर प्रदेश सहित अन्य राज्यों में चार से पांच गुना अधिक कीमत पर बेचते थे। उन्होंने यह भी खुलासा किया कि नेपाल निवासी शेषनाथ मास्टर साहब फोन के माध्यम से लोकेशन बताकर चरस की आपूर्ति कराते थे। बरामद चरस को नगला बरी चौराहे पर फुटकर बिक्री के लिए लाया गया था। गिरफ्तार किए गए अभियुक्तों की पहचान अजय सहनी पुत्र स्व. दुखी सहनी और सूरज कुमार पुत्र शिवपूजन दास के रूप में हुई है। दोनों बिहार के मोतिहारी (पूर्वी चंपारण) जिले के ग्राम बेरिया डीह, थाना हर्षिदी के निवासी हैं। अभियुक्त सूरज कुमार के विरुद्ध पूर्व में पंजाब के पटियाला जिले के थाना शंभू में एनडीपीएस एक्ट के तहत एक मामला दर्ज है। अजय सहनी के खिलाफ भी वर्तमान प्रकरण थाना रसूलपुर में दर्ज किया गया है।
गुरुवार को पवन एक्सप्रेस (ट्रेन संख्या 11062) में यात्रा के दौरान एक घटना सामने आई। दरभंगा से कल्याण जा रहे यात्री मुकेश के दो वर्षीय बच्चे पर गलती से गरम चाय गिर गई। इस हादसे में बच्चे का पूरा पेट झुलस गया और गंभीर जलन के कारण फफोले पड़ गए। घटना की जानकारी मिलते ही नरसिंहपुर के डिप्टी कमर्शियल विभाग ने तुरंत आवश्यक व्यवस्थाएं कीं। ट्रेन के नरसिंहपुर स्टेशन पहुंचते ही रेलवे चिकित्सक डॉ. आरआर कुर्रे ने बच्चे की तत्काल जांच की। जांच में पाया गया कि बच्चे को गंभीर जलन हुई थी और पूरे पेट पर फफोले बन गए थे। डॉ. कुर्रे ने बिना किसी देरी के बच्चे का प्राथमिक उपचार शुरू किया। उन्होंने सिल्वर सल्फर डायजिन से सावधानीपूर्वक ड्रेसिंग की और संक्रमण से बचाव के लिए एंटीबायोटिक और दर्द निवारक सिरप दिया। उपचार के बाद बच्चे की स्थिति में सुधार हुआ, जिसके बाद उसे आगे की यात्रा के लिए मेडिकल परमिट भी दिया गया। यात्री मुकेश ने बताया कि यह हादसा कटनी के बाद हुआ था। उन्होंने नरसिंहपुर में रेलवे चिकित्सक और रेल प्रशासन की तत्परता की सराहना की, जिससे उनके बच्चे को समय पर पूरा इलाज मिल सका।
गुलदार हमलों से बचाव के लिए नुक्कड़ नाटक:बिजनौर में ग्रामीणों को किया जा रहा जागरूक
बिजनौर जिले में गुलदार के बढ़ते हमलों को रोकने के लिए वन विभाग ने एक नई पहल शुरू की है। विभाग अब ग्रामीणों को नुक्कड़ नाटकों के माध्यम से वन्यजीवों से बचाव के प्रति जागरूक कर रहा है। यह अभियान पारंपरिक तरीकों जैसे पैम्फलेट और वॉल पेंटिंग से अलग है। यह पहल वन विभाग और मरीचिका फिल्म प्रोडक्शन की संयुक्त साझेदारी में शुरू की गई है। इन नाटकों में ग्रामीण जीवन से जुड़ी कहानियों को मंच पर प्रस्तुत किया जाता है, जो स्थानीय लोगों से सीधा जुड़ाव स्थापित करती हैं। नाटकों के माध्यम से गुलदार दिखने पर बरती जाने वाली सावधानियां, समूह में रहने की आवश्यकता और आपात स्थिति में वन विभाग को सूचित करने के तरीके बताए जाते हैं। इसका उद्देश्य ग्रामीणों को भयमुक्त होकर समझदारी से काम लेने के लिए प्रेरित करना है। इस जागरूकता अभियान का संचालन डीएफओ जय सिंह कुशवाह और एसडीओ ज्ञान सिंह की देखरेख में हो रहा है। नाटक की कहानी अभिकान्त राजपूत ने लिखी है, जबकि इसका निर्देशन शान मोहम्मद ने किया है। कलाकार केके पीपल, अमित मिश्रा और सफल शर्मा अपने अभिनय से ग्रामीणों से सीधा संवाद स्थापित कर रहे हैं। यह कार्यक्रम लाडूपुरा और नाईपुरा गांवों में आयोजित किया गया, जहाँ बड़ी संख्या में ग्रामीण एकत्र हुए। उन्होंने नाटक के माध्यम से गुलदार से बचाव के प्रभावी तरीके सीखे और अपनी शंकाओं का समाधान किया। नाटकों के बाद ग्रामीणों ने अपने अनुभव साझा किए और गुलदार से जुड़ी घटनाओं पर चर्चा की। कई ग्रामीणों ने बताया कि अब वे डरने के बजाय सावधानी और समझदारी से काम करेंगे। वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, ऐसे रचनात्मक प्रयास मानव और वन्यजीवों के बीच संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। विभाग इस अभियान को भविष्य में अन्य संवेदनशील क्षेत्रों तक भी ले जाने की योजना बना रहा है।
शाहजहांपुर में धान खरीद में भ्रष्टाचार के आरोपों के बाद शासन ने तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठित की है। भाजपा सांसद अरुण सागर ने जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए शासन से शिकायत की थी। सांसद अरुण सागर ने अपने शिकायती पत्र में बताया कि आरएफसी क्रय केंद्रों पर धान तुलवाने के लिए किसानों से प्रति क्विंटल 200 से 300 रुपये की मांग की जाती है। पैसे न देने पर धान को नमी युक्त या गंदा बताकर किसानों को वापस कर दिया जाता है। शाहजहांपुर में धान खरीद में भ्रष्टाचार के आरोप लगातार लगते रहे हैं। हालांकि, पहले भी कई बार प्रभारी मंत्रियों और अधिकारियों ने निरीक्षण किए, लेकिन उन्हें हमेशा सब कुछ ठीक मिला और कोई अनियमितता नहीं पाई गई। इस संबंध में, अपर जिलाधिकारी (एडीएम) ने कहा कि उनके संज्ञान में ऐसा कोई मामला नहीं है। वहीं, जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी राकेश मोहन पांडेय का मोबाइल नंबर बंद बताता रहा। सांसद अरुण सागर ने 7 जनवरी को जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी राकेश मोहन पांडेय के खिलाफ शासन में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि अधिकारी अपने अधीनस्थ कर्मचारियों के माध्यम से किसानों का धान निर्धारित क्रय केंद्रों पर नहीं तुलवा रहे हैं, जिससे किसानों में भारी आक्रोश है। शिकायती पत्र में आरोप है कि इस भ्रष्टाचार में जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी पूरी तरह संलिप्त हैं।आरएफसी सेंटरों के अलावा अन्य संस्थाओ के धान क्रय केंद्रों पर 200 से 300 रुपये प्रति कुंटल मांगा जाता है ।इसके अलावा अधिकांश धान खरीद संबद्ध राइस मीलों से की जा रही है। यहां एक ही राइस मील को कई कई केंद्रो पर संबद्ध किया गया है। आरोप है कि जब क्रय केंद्र पर धान खरीद की ही नही जा रही है तो धान साफ सफाई की धनराशि, क्रय केंद्र से मील तक धान पहुंचाने का भाड़ा धनराशि को फर्जी तौर पर फर्जीवाड़ा कर भुगतान कराया जा रहा है।
अमेठी में मकर संक्रांति के अवसर पर मुंशीगंज थाने में खिचड़ी भोज का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में सैकड़ों लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया, जिसे पुलिसकर्मियों ने अपने हाथों से परोसा। यह आयोजन मुंशीगंज थाना प्रभारी शिवाकांत त्रिपाठी के नेतृत्व में किया गया था। थाना परिसर के बाहर आयोजित इस भोज में बड़ी संख्या में स्थानीय लोग शामिल हुए और खिचड़ी का प्रसाद लिया। मकर संक्रांति के मौके पर जिले भर में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। मुंशीगंज थाने के इस कार्यक्रम में अपर पुलिस अधीक्षक और सर्किल के सीओ अखिलेश वर्मा सहित अन्य उच्च अधिकारी भी उपस्थित रहे।
फलोदी जिले में घुमन्तु समुदाय (विमुक्त, घुमन्तु एवं अर्द्धघुमन्तु) के व्यक्तियों के लिए सहायता शिविर शुरू हो गए हैं। इन शिविरों में केंद्र और राज्य की जन कल्याणकारी योजनाओं का लाभ देने के लिए ऑनलाइन घुमंतु पहचान-पत्र जारी किए जाएंगे। समाज कल्याण अधिकारी करणी सिंह नाथावत ने बताया कि ये शिविर जिले के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों की सभी नगर परिषद, नगर पालिका और पंचायत समितियों में आयोजित किए जाएंगे। नगर परिषद फलोदी में यह शिविर 15 से 20 जनवरी तक चलेगा। अन्य स्थानों पर शिविरों का कार्यक्रम इस प्रकार है: नगर पालिका बाप में 20 से 22 जनवरी तक, पंचायत समिति घंटियाली में 19 जनवरी को, पंचायत समिति बाप में 20 जनवरी, पंचायत समिति देचू में 21 जनवरी, पंचायत समिति आऊ में 22 जनवरी, पंचायत समिति लोहावट में 23 जनवरी, पंचायत समिति फलोदी में 27 जनवरी और पंचायत समिति बापिणी में 28 जनवरी को शिविर लगेंगे। इन शिविरों में घुमन्तु समुदाय के लोगों के लिए मतदाता पहचान पत्र, आधार कार्ड, जाति प्रमाण पत्र और मूल निवास प्रमाण पत्र जैसे महत्वपूर्ण दस्तावेज बनवाने के लिए ऑनलाइन आवेदन भी करवाए जाएंगे।
रठांजना पुलिस और जिला स्पेशल टीम प्रतापगढ़ ने 51 किलो 980 ग्राम अवैध अफीम डोडाचूरा जब्त कर तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। तस्करी में प्रयुक्त एक स्विफ्ट कार और एक एस्कॉर्ट कर रही बोलेरो को भी जब्त किया गया है। जब्त डोडाचूरा की अनुमानित कीमत करीब 8 लाख रुपए बताई गई है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक बी. आदित्य के निर्देशन में, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गजेंद्र सिंह जोधा एवं वृत्ताधिकारी गजेंद्र सिंह राव के मार्गदर्शन में की गई। रठांजना थानाधिकारी विजेंद्र सिंह ने टीम का नेतृत्व किया। घटना 14 जनवरी 2026 की है। रठांजना थाना पुलिस गादोला से डेरी जाने वाले मार्ग पर नाकाबंदी कर रही थी। इसी दौरान डेरी की ओर से आ रही एक बोलेरो और उसके पीछे चल रही स्विफ्ट कार को रोकने का प्रयास किया गया। हालांकि, दोनों वाहनों के चालकों ने गति बढ़ाकर नाकाबंदी तोड़ दी और गादोला की ओर भाग निकले। पुलिस ने तत्काल पीछा कर गादोला तालाब के पास वाटर वर्क्स रोड पर दोनों वाहनों को घेर लिया। आगे रास्ता बंद होने पर आरोपी वाहन घुमाने लगे। इसी दौरान स्विफ्ट कार का चालक वाहन छोड़कर खेतों की ओर फरार हो गया, जिसकी तलाश जारी है। मौके से एस्कॉर्टिंग वाहन बोलेरो चालक तेजपाल सिंह तथा स्विफ्ट कार में सवार विक्रम सिंह और अनिल को गिरफ्तार किया गया। तलाशी के दौरान स्विफ्ट कार से 51.980 किलोग्राम अवैध अफीम डोडाचूरा बरामद हुआ। पुलिस थाना रठांजना में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर अनुसंधान जारी है। फरार अभियुक्त की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है।
कानपुर सागर हाईवे पर मौरंग लदा डंपर अनियंत्रित होकर ट्रक की केबिन से टकरा कर पलट गया। जिससे केबिन में मौरंग भरने से ट्रक ड्राइवर की दम घुटने से मौत हो गई। कबरई से मौरंग लेकर लौट रहे मृतक के भाइयों को रास्ते में घटना की जानकारी हुई। मौके पर पहुंची बिधनू पुलिस ने ट्रक ड्राइवर को अस्पताल में भर्ती कराया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। लखनऊ से ईंट लेकर कबरई जा रहा था ट्रक चालक लखनऊ के गोसाई गंज थानाक्षेत्र निवासी करीम नगर निवासी रामफल (48) ट्रक चालक थे। परिवार में पत्नी सुधा व तीन बच्चे रिंकी, चिंकी, तनमय है। तनमय ने बताया कि पिता बुधवार शाम को ईंट लदा ट्रक लेकर कबरई जा रहे थे। वह बिधनू से करीब 3 किलोमीटर आगे पहुंचे थे, तभी कबरई की ओर से मौरंग लदा डंपर अनियंत्रित होकर उनके ट्रक से टकरा कर पलट गया। जिससे ट्रक के केबिन का शीशा टूट गया और उसमे मौरंग भरने से रामफल की दम घुट कर मौत हो गई। इस दौरान रामफल के ट्रक चालक भाई अंबर और राम सिंह कबरई से मौरंग लदा ट्रक लेकर लौट रहे थे। हादसे की जानकारी पर वह मौके पर पहुंचे और बिधनू पुलिस की मदद से उसे सीएचसी ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मुजफ्फरनगर में सोनू कश्यप हत्याकांड के बाद राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। गुरुवार को कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय को मृतक के परिजनों से मिलने मुजफ्फरनगर जाते समय मेरठ-मुजफ्फरनगर बॉर्डर पर रोक दिया गया। पुलिस ने उन्हें भगेला चौकी पर बैठाया और बाद में परिजनों से फोन पर बात कराई गई। अजय राय के रोके जाने के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जमकर हंगामा किया। पुलिस अधिकारियों ने अजय राय को आगे बढ़ने की अनुमति नहीं दी। परिजनों से फोन पर बात करने के बाद अजय राय मेरठ की ओर वापस लौट गए। यह पहली बार नहीं है जब किसी नेता को सोनू कश्यप के परिजनों से मिलने से रोका गया है। दो दिन पहले भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर आजाद को भी मुजफ्फरनगर में रोका गया था। बुधवार को सपा सांसद हरेंद्र मलिक की भी पुलिस से तीखी बहस हुई थी, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इन घटनाओं के मद्देनजर मुजफ्फरनगर पुलिस प्रशासन ने नगर में भारी पुलिस बल तैनात किया है ताकि कानून व्यवस्था बनी रहे। इस दौरान कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने कहा- इन्होंने मुझे जाने से रोक रखा है। पहले धारा 144 हुआ करती थी, अब बीएनएस के तहत कौन-सी धारा लागू है 163 या कोई और किसी को ठीक से पता ही नहीं है। कुल मिलाकर हमें जबरन रोका जा रहा है और परेशान किया जा रहा है। मैं वहां जाना चाहता हूं। मैंने साफ कहा कि मैं अकेले जा सकता हूं, अपनी गाड़ी से भी जाने को तैयार हूं, यहां तक कि पुलिस की गाड़ी से जाने को भी तैयार हूं, लेकिन इसके बावजूद मुझे जबरन रोका जा रहा है। ऐसा सिर्फ इसलिए किया जा रहा है क्योंकि जिस तरह से बच्चों को जिंदा जलाकर मारा गया है, उस मामले को सरकार छिपाना और दबाना चाहती है। इसी कारण हमें जाने नहीं दिया जा रहा है। पूरे मामले में खुलेआम गुंडागर्दी हो रही है। पुलिस की गुंडागर्दी आप सड़क पर देख सकते हैं। हमें रोककर रखा गया है। प्रशासन अपनी कमियों को छिपाने का काम कर रहा है। बच्चों को जिंदा जलाकर मारा गया, गरीब की हत्या की गई। योगी सरकार में रोज कहीं न कहीं ऐसी घटनाएं हो रही हैं। कभी दरोगा द्वारा दुष्कर्म की घटना सामने आती है। कल मैं कानपुर में 14 वर्षीय बच्ची के मामले में गया था, आज यहां आना चाहता हूं, लेकिन यहां भी इसी तरह रोका जा रहा है। वहां पर शायदुलजमा साहब और राकेश पुंडीर जी मौजूद थे। उन्होंने पीड़ित की बहन से मेरी बात कराई, जिनका नाम मीरा है। उनसे बातचीत के दौरान उन्होंने मांग रखी कि इस मामले की उच्चस्तरीय जांच हो, परिवार को 50 लाख रुपए का मुआवजा दिया जाए, परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी मिले और पूरे परिवार की सुरक्षा की व्यवस्था की जाए। हम निश्चित रूप से सरकार को इस संबंध में पत्र लिखेंगे और इन मांगों को मजबूती से उठाएंगे। पीड़ित परिवार की हर संभव मदद की जाए यह हमारी मांग है। पूरी कांग्रेस पार्टी इस परिवार के साथ खड़ी है। प्रशासन ने हमें आगे जाने नहीं दिया और चौकी पर रोककर डिटेन कर बैठा दिया गया। लेकिन हम यह साफ कहना चाहते हैं कि कांग्रेस पार्टी का एक-एक कार्यकर्ता पीड़ित परिवार के साथ मजबूती से खड़ा है।
छत्तीसगढ़ के कोरबा में बुधवार तड़के कार बेकाबू होकर 30 फीट गहरी खाई में गिर गई। हादसे के बाद कार में आग लग गई। जिससे उसमें सवार दो लोगों की जलकर मौत हो गई। दोनों तातापानी महोत्सव के लिए निकले थे।घटना मोरगा पुलिस चौकी क्षेत्र की है। जानकारी के मुताबिक, बिलासपुर के तोरवा निवासी गोपाल चंद्र डे (42) और अरुण सेन (36) तातापानी गांव में चल रहे महोत्सव में शामिल होने के लिए निकले थे। इस दौरान कोरबा के मदनपुर फॉरेस्ट बैरियर के पास उनकी कार (CG-10-BF-1673) बेकाबू होकर खाई में जा गिरी। बता दें कि जिस स्थल पर सड़क हादसे में गोपाल चंद्र डे और अरुण सेन की मौत हुई। उसी जगह पर साल 2023 में भी एक पुलिसकर्मी और उसके परिवार के साथ इसी तरह का हादसा हुआ था। उस हादसे में कुल चार लोगों की मौत हुई थी। देखिए पहले ये तस्वीरें- जानिए क्या है पूरा मामला ? दरअसल, गोपाल चंद्र डे और अरुण सेन बिलासपुर के तोरवा के रहने वाले थे। गोपाल चंद्र डे के दो बच्चे भी हैं। दोनों बुधवार तड़के तातापानी गांव में चल रहे महोत्सव में शामिल होने के लिए निकले थे। जब वो कोरबा के मदनपुर फॉरेस्ट बैरियर के पास पहुंचे तो अचानक गाड़ी बेकाबू हो गई। इसके बाद गाड़ी 30 फीट गहरी खाई में गिर गई और बुरी तरह डैमेज हो गई। हादसे में गोपाल चंद्र डे और अरुण सेन घायल हो गए। जब वो बाहर निकलने की कोशिश करते कार में आग लग चुकी थी। देखते ही देखते आग ने कार को पूरी चपेट में ले लिया। राहगीरों ने पुलिस की जानकारी राहगीरों ने जलती हुई कार देखकर पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही मोरगा पुलिस मौके पर पहुंची। लेकिन तब तक दोनों की जलकर मौत हो चुकी थी। पुलिस ने किसी तरह मृतकों के परिजनों से संपर्क किया और घटना की जानकारी दी। मृतकों के परिजन बुधवार सुबह घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस के अनुसार, प्रारंभिक जांच में वाहन के बेकाबू होने को हादसे की वजह माना जा रहा है। पुलिस ने मामले में मर्ग कायम कर लिया है और हादसे के कारणों की विस्तृत जांच कर रही है। पुलिस सभी संभावित पहलुओं पर गौर कर रही है। पत्नी से आखिरी बातचीत मंगलवार रात हुई थी मृतक गोपाल डे की पत्नी प्रीति डे ने बताया कि मंगलवार रात करीब 11 बजे किसी काम को लेकर उनकी अपने पति गोपाल डे से मोबाइल पर बातचीत हुई थी। इसके बाद गोपाल डे बुकिंग वाहन से विश्रामपुर के लिए रवाना हुए थे। 10 पीस सामान लेकर निकले थे विश्रामपुर प्रीति डे के अनुसार, गोपाल डे दीप लाइट के हीटर सहित कुल 10 पीस सामान लेकर निकले थे। बातचीत के बाद वह अपने बच्चों के साथ सो गईं। बुधवार सुबह करीब 6 बजे उन्हें मोबाइल के माध्यम से जानकारी मिली कि उनके पति कार सहित हादसे का शिकार हो गए हैं और वाहन में आग लगने से उनकी मौत हो गई है। दो मासूम बेटियों के सिर से उठा पिता का साया मृतक गोपाल डे की दो बेटियां श्रेया डे और श्वेता डे हैं। इस दर्दनाक हादसे में दोनों मासूम बच्चियों के सिर से पिता का साया उठ गया है। घटना के बाद से दोनों मृतकों के घरों में मातम पसरा हुआ है। ................................ यह खबर भी पढ़ें... बिलासपुर में पेड़ से टकराई कार...2 मौत, 3 घायल: रायपुर से पूर्णिमा स्नान करने अमरकंटक जा रहे थे, 2 घंटे गाड़ी में फंसी रही लाश छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में तेज रफ्तार कार बेकाबू होकर पेड़ से जा टकराई। हादसे में 2 लोगों की मौत हो गई, जबकि 3 लोग गंभीर रूप से घायल हैं। कार सवार श्रद्धालु पूर्णिमा स्नान करने रायपुर से अमरकंटक जा रहे थे। घटना कोटा थाना के बेलगहना चौकी क्षेत्र की है। पढ़ें पूरी खबर...
सीकर की कोतवाली थाना पुलिस ने सीकर जिले की अब तक की स्मैक की सबसे बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। पुलिस ने मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार करते हुए उनसे 50.92 ग्राम स्मैक भी बरामद की है। दोनों रिश्ते में मौसा-भांजा है। जिन्होंने घड़ी का पार्सल बताकर जयपुर से लोक परिवहन बस से यह स्मैक मंगवाई थी। पुलिस दोनों आरोपी से पूछताछ करके इनके लोकल नेटवर्क और मुख्य सरगना की तलाश कर रही है। सीकर एडिशनल एसपी डॉ.तेजपाल सिंह ने आज कोतवाली पुलिस थाने में प्रेस कॉन्फ्रेंस करके खुलासा किया। एडिशनल एसपी डॉ तेजपाल सिंह ने बताया कि मामले में दो आरोपी आमीन लीलगर(37) पुत्र असगर निवासी रामगढ़ शेखावाटी हाल कुबा मस्जिद वार्ड नंबर 2 सीकर और उसके भांजे मोहम्मद साहिल (20) पुत्र फिरोज लीलगर निवासी सीकर को गिरफ्तार करके उनसे 50.92 ग्राम स्मैक बरामद की गई है। जिसकी मार्केट वैल्यू करीब 2.50 से 3 लाख रुपए है। दरअसल सीकर की कोतवाली थाना पुलिस ने सेना दिवस के मौके पर जयपुर में आयोजित परेड के चलते सीकर के फतेहपुर रोड पर नाकाबंदी की हुई थी। इसी दौरान बीती रात को एक बाइक पर दो संदिग्ध लोग नजर आए। जब पुलिस ने इन्हें रुकने के लिए कहा तो दोनों बाइक को मोड़कर भागने की फिराक में थे। लेकिन पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया। जब दोनों की तलाशी ली तो उनके पास से 50.92 ग्राम स्मैक बरामद की गई। पुलिस टीम ने आरोपियों की बाइक भी बरामद कर ली। पुलिस इन्वेस्टिगेशन में दोनों आरोपियों ने बताया कि आरोपियों ने जयपुर से एक लोक परिवहन बस में घड़ी का पार्सल बताकर स्मैक मंगवाई थी। बस सीकर के पिपराली चौराहे पर आकर रुकी। यहां पर आमीन और साहिल ने पार्सल को उतारा और फिर उसे अपने घर पर लेकर जा रहे थे। इस कार्रवाई में कोतवाली पुलिस थाने के कॉन्स्टेबल दिनेश और दिलीप की विशेष भूमिका रही है। आरोपी इस स्मैक के टोकन बनाकर उन्हें शहर में सप्लाई करने की फिराक में थे। लेकिन इसके पहले ही पुलिस ने आरोपियों को दबोच लिया। आरोपी साहिल का बाप और भाई भी नशे की तस्करी में लिप्त रह चुके हैं। फिलहाल अब पुलिस इन आरोपियों के द्वारा अवैध नशे की बिक्री करके बनाई गई अवैध संपत्तियों के खिलाफ भी कार्रवाई करेगी। SHO सुनील कुमार जांगिड़ ने बताया कि इस स्मैक के करीब 2 हजार टोकन बन सकते हैं। ऐसे में इसकी बिक्री पर आरोपियों को करीब आठ लाख रुपए मिलते। अब पुलिस टीम लगातार इन आरोपियों के मुख्य सरगना और लोकल तस्करों की तलाश में दबिश दे रही है।
सिरोही जिले की 4 ग्राम पंचायतों के अंतर्गत आने वाले लगभग 12 गांवों में मेसर्स कमलेश मेटाकास्ट प्राइवेट लिमिटेड की प्रस्तावित खनन परियोजना के विरोध में जनआंदोलन तेज हो गया है। क्षेत्रवासियों ने 28 जनवरी से अनिश्चितकालीन महाआंदोलन की घोषणा की है, जो पिछले 4 महीनों से चल रहे विरोध प्रदर्शनों का परिणाम है। ग्रामीणों का कहना है कि यह परियोजना पर्यावरण के लिए घातक है और इससे खेती, जल स्रोत, चारागाह तथा ग्रामीण जीवन की पूरी संरचना तबाह हो जाएगी। इसके बावजूद सरकार और प्रशासन की चुप्पी ने लोगों में गहरा रोष पैदा कर दिया है। यह जानकारी राष्ट्रीय पशुपालक संघ से लाल सिंह रायका, अमित त्रिवेदी, ह्यूमन राइट्स प्रोटेक्शन सेल के स्टेट प्रेसिडेंट एडवोकेट सुरेश राजपुरोहित, एडवोकेट तुषार पुरोहित, रमेश घांची, एडवोकेट हार्दिक रावल, पदमाराम घांची, गजाराम घांची, युवा नेता भरत सराधना और पशुपालक संघ के जिलाध्यक्ष सवाराम देवासी ने दी। भीमाना गांव से हुई आंदोलन की शुरुआतखनन परियोजना के खिलाफ इस आंदोलन की शुरुआत भीमाना गांव से हुई थी, जहां हजारों ग्रामीणों ने एकजुट होकर धरना दिया। इसके बाद पिंडवाड़ा उपखंड कार्यालय का घेराव किया गया, जिसमें ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के साथ हजारों ग्रामीण पहुंचे और परियोजना को निरस्त करने की मांग की। गांवों में लगातार धरने-प्रदर्शन जारीतब से क्षेत्र के विभिन्न गांवों में लगातार धरने, जनसभाएं और विरोध प्रदर्शन जारी हैं। आंदोलनकारियों का कहना है कि यह केवल किसी एक गांव का मुद्दा नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र के भविष्य से जुड़ा सवाल है।क्षेत्रवासियों का आरोप है कि इस पूरी खनन परियोजना को जनता को अंधेरे में रखकर आगे बढ़ाया गया। ग्रामीणों को इस परियोजना की जानकारी तब मिली जब 19 सितंबर 2025 को भीमाना ग्राम पंचायत में पर्यावरण स्वीकृति के लिए जनसुनवाई आयोजित की गई।इससे पहले न तो ग्राम सभाओं में कोई चर्चा हुई और न ही ग्रामीणों से सहमति ली गईराष्ट्रीय अध्यक्ष लालजी राईका ने चेतावनी दी कि यदि परियोजना निरस्त नहीं हुई तो 28 जनवरी को महा-आंदोलन किया जाएगा। लालजी राईका ने आंदोलन की रणनीति साझा की।
छिंदवाड़ा के नवेगांव थाना क्षेत्र में दूसरी शादी का झांसा देकर एक ग्रामीण से ठगी और चोरी का मामला सामने आया है। ठग गिरोह ने अकेले रह रहे व्यक्ति के घर एक महिला को फर्जी पत्नी बनाकर भेजा। वह 15-20 दिन साथ रही और मौका पाकर अपने प्रेमी (जिसे भाई बताया था) के साथ घर से नई बाइक, जेवर, मोबाइल और राशन लेकर फरार हो गई। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए फर्जी पत्नी समेत 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जबकि महिला का प्रेमी अभी फरार है। ग्राम सिमरिया सागर निवासी मधु विश्वकर्मा की पहली पत्नी का देहांत हो चुका था और उनकी कोई संतान नहीं थी। अकेलेपन के कारण वे दूसरी शादी करना चाहते थे। इसी मजबूरी का फायदा उठाते हुए ठग गिरोह ने उन्हें अपने जाल में फंसा लिया। 10 हजार रुपए लेकर फर्जी शादी कराई पुलिस जांच में सामने आया कि साजिश का मास्टरमाइंड ग्राम कोठार निवासी बलराम नागवंशी है। उसने मधु को भरोसे में लिया और अपने साथी शिवजी टांडेकर और मुकेश सूर्यवंशी के साथ मिलकर संध्या विश्वकर्मा नाम की महिला को दूसरी पत्नी के रूप में पेश किया। 22 दिसंबर 2025 को नवेगांव में मुलाकात कराई गई। आरोपियों ने कागजी कार्रवाई बाद में करने की बात कहकर मधु से शादी के नाम पर 10 हजार रुपए ठग लिए और संध्या को पत्नी बनाकर विदा कर दिया। प्रेमी को भाई बताकर बुलाया और माल समेटा योजना के मुताबिक, संध्या करीब 15-20 दिन तक मधु के घर में पत्नी बनकर रही ताकि किसी को शक न हो। मधु ने उसके लिए साड़ी, जेवर और अन्य सामान भी खरीदा। इसी दौरान संध्या ने अपने प्रेमी को ‘छोटा भाई’ बताकर घर बुला लिया। 10 जनवरी 2026 को दोपहर में मौका पाकर संध्या और उसका प्रेमी घर से नई हीरो स्प्लेंडर प्लस बाइक, चांदी की चेन, मोबाइल फोन और करीब 30-35 किलो गेहूं (कुल मशरूका लगभग 1 लाख 8 हजार रुपए) लेकर फरार हो गए। पुलिस ने 4 आरोपियों को जेल भेजा ठगी का अहसास होने पर मधु विश्वकर्मा ने 13 जनवरी को नवेगांव थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। थाना प्रभारी उप निरीक्षक तरुण सिंह मरकाम के नेतृत्व में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कुछ ही घंटों में चार आरोपियों- संध्या विश्वकर्मा (फर्जी पत्नी), बलराम नागवंशी, मुकेश सूर्यवंशी और शिवजी टांडेकर को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों से 10 हजार रुपए नकद और मोबाइल जब्त किया गया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर सभी को जेल भेज दिया है। गिरोह का पुराना क्रिमिनल रिकॉर्ड पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपियों के खिलाफ पहले से चोरी, लूट और मारपीट के आपराधिक रिकॉर्ड दर्ज हैं। यह एक संगठित ठग गिरोह है। वारदात में शामिल संध्या का प्रेमी अभी फरार है, जिसकी तलाश में पुलिस संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।
पश्चिमी सिंहभूम पुलिस ने चाईबासा में फर्जी पुलिस अधिकारी बनकर लोगों को डराने-धमकाने और अवैध वसूली करने वाले एक गिरोह का भंडाफोड़ किया है। इस कार्रवाई में एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है, जबकि एक नाबालिग को हिरासत में लिया गया है। पुलिस ने इनके पास से फर्जी नंबर प्लेट लगी मोटरसाइकिल, मोबाइल फोन सहित कई आपत्तिजनक सामान बरामद किए हैं। पुलिस अधीक्षक चाईबासा को 14 जनवरी 2026 को एक गुप्त सूचना मिली थी। सूचना में बताया गया था कि तांतनगर चौक के पास काले रंग की बाइक पर सवार दो युवक पुलिस का फर्जी नंबर प्लेट और लोगो लगाकर लोगों से पैसे की वसूली कर रहे हैं। इस सूचना के सत्यापन के बाद पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एक विशेष छापेमारी टीम का गठन किया गया। पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तांतनगर पुल के पास संदिग्ध मोटरसाइकिल को रोका और उसकी तलाशी ली। बाइक पर सवार एक व्यक्ति ने अपना नाम रोशन एक्का (लगभग 38 वर्ष) बताया, जबकि उसके साथ एक नाबालिग भी मौजूद था। जांच के दौरान मोटरसाइकिल की सीट के नीचे से एक और फर्जी नंबर प्लेट बरामद हुई। जांच में पता चला कि मोटरसाइकिल चोरी की थी, जिसे फर्जी नंबर प्लेट और पुलिस लोगो लगाकर इस्तेमाल किया जा रहा था। आरोपियों के पास से कुल तीन एंड्रॉयड मोबाइल फोन, आधार कार्ड और पैन कार्ड की छायाप्रतियां भी जब्त की गईं। मोबाइल की जांच में यह भी सामने आया कि वे व्हाट्सएप प्रोफाइल पर वरीय पुलिस पदाधिकारी की फोटो लगाकर लोगों को डराने का प्रयास करते थे। पूछताछ के दौरान, आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे पुलिस बनकर लोगों को डराते-धमकाते थे और उनसे पैसे की मांग करते थे। वे नंबर प्लेट बदलकर और पुलिस का लोगो लगाकर खुद को अधिकारी बताते थे। इस संबंध में मुफ्फसिल थाना में कांड संख्या 13/2026 दर्ज किया गया है। आरोपियों के विरुद्ध BNS 2023 की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जा रही है। गिरफ्तार आरोपी का पूर्व आपराधिक इतिहास भी सामने आया है। इस विशेष कार्रवाई में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सदर चाईबासा, मुफ्फसिल थाना प्रभारी और थाना के कई पुलिस पदाधिकारी तथा सशस्त्र बल के जवान शामिल थे।
सपा महिला कार्यकर्ताओं ने डिंपल यादव का जन्मदिन मनाया:सम्भल में केक काटकर और मिठाई खिलाकर खुशी जताई
सम्भल जनपद के मोहल्ला हिलाली सराय में समाजवादी पार्टी की महिला कार्यकर्ताओं ने मैनपुरी सांसद डिंपल यादव का जन्मदिन मनाया। इस कार्यक्रम का नेतृत्व पार्टी की जिला सचिव सईद अख्तर इसराईली ने किया। कार्यकर्ताओं ने केक काटा और एक-दूसरे को मिठाई खिलाई। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला सचिव सईद अख्तर इसराईली ने बताया कि डिंपल यादव का जन्म 15 जनवरी 1978 को हुआ था। वह एक भारतीय राजनीतिज्ञ हैं और समाजवादी पार्टी की प्रमुख महिला नेताओं में शामिल हैं। वर्तमान में वह मैनपुरी लोकसभा क्षेत्र से सांसद हैं और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री तथा समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव की पत्नी हैं। उन्होंने कहा कि डिंपल यादव ने समाज के वंचित और कमजोर वर्गों के लिए सदैव आवाज उठाई है। महिला कार्यकर्ता इंशा ने डिंपल यादव को एक कुशल और शिक्षित जनप्रतिनिधि बताया। उन्होंने कहा कि डिंपल यादव ने महिला शिक्षा, महिला सुरक्षा और सामाजिक समानता जैसे मुद्दों को सदन से लेकर सड़क तक उठाया है। उन्हें बागवानी का भी विशेष शौक है। कार्यकर्ता जैनब ने कहा कि डिंपल यादव एक अनुभवी सांसद हैं। वह अपने पति की राजनीतिक विरासत को आगे बढ़ा रही हैं और अपनी अलग पहचान भी बना रही हैं। उन्होंने बताया कि डिंपल यादव का व्यवहार सरल और जनता से जुड़ा हुआ है, जिससे वह एक लोकप्रिय महिला सांसद के रूप में उभरी हैं। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित महिला कार्यकर्ताओं ने डिंपल यादव के दीर्घायु और उज्ज्वल राजनीतिक भविष्य की कामना की। इस अवसर पर कु. निदा इकबाल, कु. खिज़रा, कु. तूबा, अफीफा आफताब, अन्हा, रिबा हुसैन, अलीशा, उम्मे हानि, बरिसा, इंशा, आफ़िया निजामुद्दीन सहित कई महिला कार्यकर्ता मौजूद रहीं।
चित्रकूट जिले के सदर ब्लॉक क्षेत्र स्थित राम सैया स्थान पर गुरुवार से श्रीमद् भागवत कथा का शुभारंभ हो गया। कथा के पहले दिन भव्य कलश यात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। कलश यात्रा में महिलाएं और पुरुष श्रद्धालु सिर पर कलश धारण कर भजन-कीर्तन करते हुए निकले। इससे पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो गया। कलश यात्रा के समापन के बाद कथा व्यास पंडित विकास शुक्ला ने श्रीमद् भागवत कथा के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि यह कथा मानव जीवन को सही दिशा देती है और इसके श्रवण से मन के विकार दूर होते हैं, तथा भक्ति, ज्ञान व वैराग्य का संचार होता है। पंडित शुक्ला ने यह भी कहा कि भागवत कथा समाज में सद्भाव, नैतिकता और संस्कारों के विकास में सहायक है। इस श्रीमद् भागवत कथा के मुख्य यजमान सूर्यपाल शुक्ल हैं। आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं में काफी उत्साह देखा जा रहा है। राम सैया स्थान पर चल रही कथा में प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद है। कलश यात्रा के दौरान हरदेव प्रसाद शुक्ला, मुन्ना लाल त्रिपाठी, शारदा प्रसाद, रजनीश सुभी, लवली, खुशी मिश्रा सहित कई गणमान्य लोग और ग्रामीण उपस्थित रहे। स्थानीय लोगों ने भी आयोजन को सफल बनाने में विशेष सहयोग दिया।
फतेहपुर जिले में मकर संक्रांति के अवसर पर गुरुवार को गंगा नदी के विभिन्न घाटों पर एक लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने स्नान किया। सुबह से ही घाटों पर भीड़ उमड़नी शुरू हो गई थी, जो दिन चढ़ने के साथ बढ़ती गई। जिला प्रशासन ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए कड़े इंतजाम किए थे। स्नान के बाद श्रद्धालुओं ने दान-पुण्य किया। शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में कई सामाजिक संगठनों द्वारा खिचड़ी भोज का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। हुसैनगंज थाना क्षेत्र के भिटौरा, ओम और बलखण्डी घाट, मलवां थाना क्षेत्र के आदमपुर घाट, कल्याणपुर थाना क्षेत्र के शिवराजपुर घाट और सुल्तानपुर थाना क्षेत्र के नौबस्ता घाट पर पुलिस बल तैनात रहा। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए पीएसी बल नावों के साथ गंगा नदी में लगातार गश्त करता रहा। जिलाधिकारी रविंद्र सिंह और पुलिस अधीक्षक अनूप सिंह ने जिले के लोगों को मकर संक्रांति की शुभकामनाएं दीं और गंगा घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। पुलिस अधीक्षक अनूप सिंह ने बताया कि मकर संक्रांति पर्व और प्रयागराज में चल रहे कुंभ मेले को देखते हुए जिले में रूट डायवर्जन किया गया है। भारी वाहनों को 19 जनवरी तक वैकल्पिक मार्गों से भेजा जा रहा है। रूट डायवर्जन के कारण चौडगरा से बक्सर मोड़ तक लगभग दो किलोमीटर लंबी भारी वाहनों की कतार लग गई।
इंदौर क्राइम ब्रांच ने 513 ग्राम एमडी ड्रग जब्त की है। इंदौर में इसकी कीमत करीब 3 हजार रुपए प्रति ग्राम बताई जा रही है। क्राइम ब्रांच की टीम ने आरोपियों को सौदा करने के लिए बुलाया, इसके बाद उन्हें मौके से पकड़ लिया। डीसीपी राजेश त्रिपाठी के मुताबिक, क्राइम ब्रांच की टीम ने निखिल वदानिया, निवासी मंदसौर, मुकेश धनगर उर्फ बबलू, निवासी मंदसौर, और कमलेश गायरी, निवासी राजस्थान को गिरफ्तार किया है। आरोपी ड्रग सप्लाई करने का काम करते थे। जब वे बाइक से माल लेकर पहुंचे और क्राइम ब्रांच की टीम को देखा तो भागने लगे। इस बीच गिरने के दौरान तीनों घायल हो गए। अधिकारियों के अनुसार, निखिल पर पहले से तीन आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें मंदसौर पुलिस कार्रवाई कर चुकी है। आरोपियों के पास से क्राइम ब्रांच की टीम ने एक बाइक, एमडी ड्रग और तीन मोबाइल फोन जब्त किए हैं। जब्त माल की कीमत भारतीय मुद्रा में 15 लाख रुपए से अधिक आंकी गई है। रईस बनने के लालच में करने लगे तस्करी शुरुआती पूछताछ में सामने आया है कि तीनों आरोपी ज्यादा पढ़े-लिखे नहीं हैं और दिहाड़ी मजदूरी का काम करते थे। ज्यादा पैसे कमाने के लालच में उन्होंने यह अवैध कारोबार शुरू किया। हालांकि, जांच में यह भी सामने आया है कि वे केवल ड्रग की डिलीवरी करते थे, जबकि इसके पीछे सक्रिय तस्कर कोई और हैं। क्राइम ब्रांच अब उन आरोपियों की जानकारी जुटा रही है।
सिवनी जेल से तीन विचाराधीन कैदी फरार:परिजन खुद तलाश कर वापस जेल लाए, सुरक्षा पर सवाल
सिवनी जिला जेल से बुधवार देर शाम तीन विचाराधीन कैदी लगभग 20 फीट ऊंची सुरक्षा दीवार फांदकर फरार हो गए। इस घटना से जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। हालांकि, गुरुवार को उनके परिजनों ने तीनों कैदियों को स्वयं तलाश कर जेल प्रशासन को सौंप दिया, जिसके बाद उन्हें दोबारा जेल में दाखिल किया गया। जानकारी के अनुसार, पॉक्सो एक्ट के तहत बंद इन तीनों विचाराधीन कैदियों ने एक-दूसरे का सहारा लेकर जेल परिसर की लगभग 20 फीट ऊंची दीवार पार की। फरार होने की यह पूरी घटना जेल में लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई। इसके बावजूद ड्यूटी पर तैनात सुरक्षाकर्मियों को इसकी भनक तक नहीं लगी, जिससे जेल की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। फरार हुए कैदियों की पहचान लखनवाड़ा निवासी अंकित श्रीवाल, लखनवाड़ा निवासी विशाल ब्रह्मानंद और गोंदिया (महाराष्ट्र) निवासी विशाल चिंदीलाल के रूप में हुई है। घटना के बाद जब जेल में बंद कैदियों की गिनती की गई, तब तीन कैदियों की अनुपस्थिति सामने आई। इसके बाद जेल परिसर में अफरा-तफरी मच गई और तत्काल वरिष्ठ अधिकारियों को सूचना दी गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए जेल प्रशासन ने डूंडासिवनी थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई। सूत्रों के मुताबिक, जेल प्रशासन ने फरार कैदियों के परिजनों से संपर्क कर उन्हें समझाइश दी। इसके बाद परिजनों ने आरोपियों को खोजकर वापस जेल पहुंचाया। गुरुवार को तीनों आरोपियों को दोबारा जेल में दाखिल कर लिया गया। इस पूरी घटना ने सिवनी जिला जेल की सुरक्षा व्यवस्थाओं की पोल खोल दी है। सूत्रों के अनुसार, जेल प्रशासन इस घटना के लिए जिम्मेदार कर्मचारियों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की तैयारी कर रहा है। वहीं, घटना के संबंध में जेल अधीक्षक अजय सिंह वर्मा से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनके मोबाइल पर एक आरक्षक ने बताया कि साहब व्यस्त हैं, आज बात नहीं हो पाएगी। दूसरी ओर डूंडासिवनी थाना प्रभारी चैन सिंह उईके ने बताया कि जेल अधीक्षक द्वारा तीन कैदियों के फरार होने की प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी और परिजनों द्वारा कैदियों को वापस सौंपे जाने की जानकारी मिली है। पुलिस पूरे मामले की विस्तृत जांच कर रही है।
नागौर जिले के जायल उपखंड स्थित सिलारिया गांव के एक युवा किसान ने खेती को मुनाफे के बजाय सेवा का जरिया बनाकर मिसाल पेश की है। 21 वर्षीय किसान भोपालराम बांगड़ा अपने खेत में पैदा होने वाले पोषक तत्वों से भरपूर जैविक चुकंदर को कैंसर से जूझ रहे मरीजों को निशुल्क उपलब्ध करा रहे हैं। अब तक करीब 120 कैंसर पीड़ितों को यह पोषक आहार उनके घर तक पहुंचाया जा रहा है। बिना रसायनों के तैयार की फसल भोपालराम ने जैविक खेती के अपने इस नवाचार के लिए उत्तर प्रदेश के झांसी स्थित सेंट्रल एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिक डॉ. राकेश से मार्गदर्शन लिया। उन्होंने झांसी से ही उन्नत किस्म के बीज मंगाकर एक बीघा क्षेत्र में चुकंदर की बुआई की। खास बात यह है कि इस खेती में किसी भी तरह के रासायनिक खाद या जहरीले कीटनाशकों का प्रयोग नहीं किया गया है। जैविक पद्धति से तैयार होने के कारण यह चुकंदर कैंसर और अन्य गंभीर बीमारियों से लड़ रहे लोगों के लिए बेहद गुणकारी साबित हो रहा है। आमदनी छोड़कर चुना सेवा का रास्ता बाजार के आंकड़ों के अनुसार, एक बीघे में चुकंदर की फसल से करीब 70 से 80 हजार रुपये तक की कमाई की जा सकती है, जबकि इसकी लागत महज 15 से 20 हजार रुपये आती है। इसके बावजूद भोपालराम ने पहली फसल से आर्थिक लाभ कमाने के बजाय इसे पीड़ित मानवता की मदद के लिए समर्पित करने का निर्णय लिया। उनके अनुसार, वर्तमान समय में मिलावटी और रासायनिक खान-पान बीमारियों का मुख्य कारण है, जिसे केवल जैविक खेती अपनाकर ही रोका जा सकता है। पोषक तत्वों का खजाना है चुकंदर विशेषज्ञों के अनुसार, चुकंदर में भरपूर मात्रा में आयरन, फाइबर, नाइट्रेट और एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं, जो कैंसर मरीजों में खून की कमी को दूर करने और शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में सहायक होते हैं। चुकंदर के साथ-साथ इसके पत्तों की सब्जी भी स्वास्थ्य के लिए बेहद लाभकारी मानी जाती है। कम उम्र में समाज के प्रति ऐसी जिम्मेदारी निभाकर भोपालराम अब पूरे जिले के युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गए हैं।
झांसी में आज़ाद समाज पार्टी की कोर कमेटी के सदस्य और चर्चित नेता दामोदर यादव के ‘संविधान बचाओ परिचर्चा’ कार्यक्रम को पुलिस द्वारा रद्द कराए जाने का मामला गरमा गया है। कार्यक्रम स्थल पर पुलिस द्वारा ताला लगाए जाने की जानकारी मिलते ही दामोदर यादव भड़क उठे और उन्होंने भाजपा सरकार और प्रशासन पर संविधान विरोधी मानसिकता का आरोप लगाया। झांसी रेलवे स्टेशन पहुंचे दामोदर यादव ने कहा कि भाजपा सरकार संविधान से डरती है और इसी डर के कारण संविधान पर आधारित कार्यक्रमों को रोका जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह घटना साबित करती है कि मौजूदा सरकार लोकतंत्र और अभिव्यक्ति की आज़ादी को कुचलने का काम कर रही है। दामोदर यादव ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री और डीजीपी को कठघरे में खड़ा करते हुए कहा कि आडंबर और पाखंड फैलाने वाले धीरेंद्र शास्त्री जैसे लोगों को सरकार पूरी सुरक्षा उपलब्ध कराती है, लेकिन संविधान की बात करने वालों की आवाज दबाने के लिए पुलिस का इस्तेमाल किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के धीरेंद्र शास्त्री को अपना छोटा भाई बताए जाने के बाद प्रशासन और सरकारें उसके इशारे पर नाचने लगी हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार धार्मिक उन्माद और दिखावे को बढ़ावा देकर जनता का ध्यान असली मुद्दों से भटका रही है, जबकि संविधान आधारित विचारधाराओं को जानबूझकर दबाया जा रहा है। दामोदर यादव ने कहा कि संविधान पर चर्चा करना कोई अपराध नहीं है, बल्कि यह हर नागरिक का अधिकार है।बुंदेलखंड का जिक्र करते हुए दामोदर यादव ने दो टूक कहा कि वे इस ऐतिहासिक और संघर्षशील धरती को आडंबर और पाखंड का केंद्र नहीं बनने देंगे। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि संविधान की आवाज को दबाने की कोशिशें जारी रहीं तो आज़ाद समाज पार्टी सड़कों पर उतरकर बड़ा आंदोलन करेगी।बोले, कि संविधान की रक्षा के लिए उनकी लड़ाई जारी रहेगी और सरकार चाहे जितनी ताकत लगा ले, वे पीछे हटने वाले नहीं हैं। कानून व्यवस्था पर उठाए सवाल आज़ाद समाज पार्टी की कोर कमेटी के सदस्य दामोदर यादव ने उत्तर प्रदेश की कानून व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि जब मुजफ्फरनगर और मेरठ में हत्याएं होती हैं और उनके सांसद चंद्रशेखर आज़ाद पीड़ित परिवारों से मिलने जाते हैं, तो उन्हें 20 जगह रोका जाता है। दामोदर यादव ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को चेतावनी देते हुए कहा कि सरकारें आती-जाती रहती हैं और कोई भी हमेशा सत्ता में नहीं रहता। यदि इसी तरह संवैधानिक अधिकारों का हनन होता रहा, तो चुनाव नजदीक हैं और आज़ाद समाज पार्टी सरकार बदलने का काम करेगी। कार्यकर्ताओं संग डेली गांव पहुंचे दामोदर शहर के परशुराम चौक स्थित एक स्थानीय विवाह घर में आयोजित संविधान बचाओ परिचर्चा कार्यक्रम रद्द होने के बाद आज़ाद समाज पार्टी के कोर कमेटी सदस्य दामोदर यादव पार्टी कार्यकर्ताओं के आग्रह पर झांसी शहर से करीब 10 किलोमीटर दूर डेली गांव पहुंचे। यहां उन्होंने वीरांगना अवंती बाई लोधी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। डेली गांव रवाना होने से पहले दामोदर यादव ने कार्यकर्ताओं से पूछा कि वहां वीरांगना अवंती बाई लोधी की प्रतिमा स्थापित है या नहीं। कार्यकर्ताओं द्वारा प्रतिमा होने की पुष्टि किए जाने पर उन्होंने समर्थकों से कहा कि 'साथियों, हम वहीं चलेंगे'। कार्यक्रम के बाद दामोदर यादव दतिया के लिए रवाना हो गए।
रास्ते के विवाद में हिंसक झड़प:फिरोजाबाद में ईंट-पत्थर चले, 7 घायल; दो की हालत गंभीर
फिरोजाबाद के नगला सिंघी थाना क्षेत्र के ठार मानसिंह छांहरी गांव में गुरुवार को रास्ते के विवाद को लेकर दो पक्षों में हिंसक झड़प हो गई। इस दौरान ईंट-पत्थर और लाठी-डंडे चले, जिसमें कुल सात लोग घायल हो गए। इनमें से दो की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल रेफर किया गया है। संघर्ष में एक पक्ष से देवचरण, ब्रह्मलाल, निरंजन, बलराम और कुमारी नेहा घायल हुए हैं। वहीं, दूसरे पक्ष से हरेंद्र सिंह और धर्मवीर को चोटें आई हैं। मारपीट और पथराव के कारण कई घायलों के सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आई हैं। घटना की सूचना मिलते ही नगला सिंघी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने तत्काल सभी घायलों को चिकित्सकीय परीक्षण के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा। गांव में किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। थाना नगला सिंघी की थानाध्यक्ष पारुल मिश्रा ने बताया कि रास्ते के विवाद ने मारपीट का रूप ले लिया था। पुलिस ने घायलों का मेडिकल कराया है और मामले की जांच जारी है। तहरीर के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल गांव में शांति व्यवस्था बनी हुई है, लेकिन पुलिस पूरी तरह सतर्क है।
कोटा की ग्रामीण पुलिस ने लाखों की नकबजनी का खुलासा करते हुए एमपी की टांडा गैंग को पकड़ा है। साथ ही चोरी का माल खरीदने वाले 3 लोगों को भी पकड़ा है। पुलिस ने आरोपियों के पास से 133 ग्राम सोना, डेढ़ किलो चांदी, 30 लाख की नगदी बरामद की है। वारदात में काम में ली गई गाड़ी भी जब्त की है। आरोपी इंदौर की पॉश कॉलोनी में रेकी कर वारदात की प्लानिंग कर रहे थे। इस दौरान पुलिस ने पकड़ लिया। ये गैंग, गूगल पर कॉलोनी सर्च करके वारदात करती थी। ग्रामीण एसपी सुजीत शंकर ने बताया कि 13-14 दिसंबर को गढेपान स्थित सीएफसीएल में नकबजनी की वारदात हुई थी। पुलिस की टीम को पहली लोकेशन खानपुर टोल पर मिली। जिसके बाद बदमाशों का लगातार पीछा किया। टीम ने 600 किलोमीटर दुरी तक 1500 सीसीटीवी कैमरे खंगालकर बदमाशों को पकड़ा। पूछताछ में सामने यह एमपी के टांडा गांव की गैंग है। जो गूगल पर पॉश कॉलोनी को सर्च मार कर वारदात को अंजाम देती है। सीएफसीएल में वारदात करने से पहले आरोपियों ने पांच बंगले को गूगल पर सर्च किया, फिर दो बंगलो में वारदात की। इन्होने गुना में करोड़ों कि नकबजनी की ,सितंबर में झालावाड़ थर्मल पावर ग्रिड में 13 मकान में वारदात की थी। अंता में भी इसी गैंग के द्वारा नकबजनी की वारदात को अंजाम दिया गया था। गैंग के ये आरोपी पकड़े टीम ने गैंग के मुख्य सरगना करण (24), भरत मंडलोई (30), अन सिंह मेहड़ा (28) निवासी टांडा गांव जिला धार एमपी को गिरफ्तार किया है। जबकि चोरी का माल खरीदने के आरोप में राज सोनी (30) निवासी जोबट जिला अलीराजपुर एमपी, हार्दिक सोनी (32) निवासी थाना गारबाड़ा जिला दाहोद गुजरात, संजय सोनी (29) इंदौर एमपी को गिरफ्तार किया है। सीएफसीएल में वारदात करने करन के साथ मान सिंह, संजय, महेंद्र आए थे। भरत सिंह व करन के खिलाफ 30 से ज्यादा मामले दर्ज है। मामले में गैंग के अन्य आरोपी व माल खरीदने वाले संजय, मानसिंह,महेंद्र, राहुल सोनी, चेतन सोनी फरार है। इस गैंग जुड़े हर सदस्य का अलग अलग काम था। एक टीम चोरी करती, दूसरी टीम माल को बेचती थी। भरत व मान सिंह चोरी के सामने बेचते थे। इन्होने दो जगहों इंदौर व झाबुआ में सोना चांदी बेचा था। झाबुआ में चेतन व राहुल को माल बेचा था। दोनों फरार है, लेकिन राहुल का भाई चेतन व उसका साला हार्दिक को पकड़ लिया।. सीएफसीएल में वारदात करने से पहले इन्होने गूगल मैप पर कॉलोनी सर्च की। फिर टाउनशिप में पीछे की बाउंड्री के तार काटकर अंदर घुसे। सुने मकान के ताले तोड़कर वारदात की। एक व्यक्ति कार को सुनसान जगह खड़ी करके उनका इंतजार करता रहा।
डंपर की टक्कर से भाई-बहन की मौत:रायबरेली में हादसा, ग्रामीणों ने सड़क जाम कर प्रदर्शन किया
रायबरेली में एक सड़क हादसे में भाई-बहन की मौत हो गई। डलमऊ कोतवाली क्षेत्र के मुराई बाग चौराहे के पास एक तेज रफ्तार डंपर ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। घटना के बाद गुस्साए ग्रामीणों ने सड़क जाम कर प्रदर्शन किया। मृतकों की पहचान 25 वर्षीय अंकुश और उनकी 22 वर्षीय बहन सोनम के रूप में हुई है। वे डलमऊ कोतवाली के गुंजन का पुरवा के निवासी थे। दोनों अपनी बाइक से जा रहे थे, तभी मुराई बाग चौराहे के पास डंपर ने उन्हें टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे से आक्रोशित स्थानीय लोगों ने सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया, जिससे घंटों यातायात बाधित रहा। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाला। पुलिस ने डंपर चालक को वाहन सहित हिरासत में ले लिया है और आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। सीओ डलमऊ गिरजा शंकर त्रिपाठी ने घटना की पुष्टि की है।
गिरिडीह जिले के पीरटांड़ थाना क्षेत्र के रोड हरलाडीह गांव में गुरुवार को एक व्यक्ति ने आत्महत्या कर ली। 55 वर्षीय चारा बश्के ने आर्थिक तंगी और पारिवारिक परेशानियों से परेशान होकर फांसी लगा ली। इस घटना से गांव में शोक का माहौल है। मृतक मेमेरे भाई मोतीलाल सोरेन ने बताया कि चारा बश्के का बेटा बबलू बश्के तीन दिन पहले एक सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गया था। उसे बेहतर इलाज के लिए धनबाद के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है और वह कोमा में बताया जा रहा है। निजी अस्पताल में इलाज का खर्च काफी अधिक था, जिसके कारण चारो बश्के लगातार पैसों के इंतजाम में जुटे हुए थे। उन्होंने रिश्तेदारों और परिचितों से मदद लेने की कोशिश की, लेकिन आवश्यक धनराशि की व्यवस्था नहीं हो पाई। पैसे का इंतजाम न हो पाने से चारो बश्के गहरे तनाव में थे मृतक के मेमेरे भाई मोतीलाल सोरेन ने बताया कि बेटे की बिगड़ती हालत और इलाज के लिए पैसे का इंतजाम न हो पाने से चारो बश्के गहरे तनाव में थे। इसी मानसिक दबाव और आर्थिक मजबूरी के चलते उन्होंने यह आत्मघाती कदम उठाया। गुरुवार सुबह पड़ोसियों ने उन्हें घर में फांसी के फंदे से लटका देखा, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही पीरटांड़ थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए गिरिडीह सदर अस्पताल भेज दिया है। थाना प्रभारी दीपेश शर्मा ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है। उन्होंने कहा कि सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
हरियाणा के पंचकूला में पुलिस ने घर से लापता हुए एक 81 वर्षीय रिटायर्ड आर्मी अधिकारी को सुरक्षित ढूंढ लिया। जिसके बाद पुलिस टीम ने परिवार को सूचित किया। परिवार के आने पर पुलिस ने देर रात को उन्हें परिवार के सुपर्द कर दिया। डीसीपी पंचकूला सृष्टि गुप्ता ने बताया कि बुधवार की सुबह पंचकूला शहरी क्षेत्र से एक 81 वर्षीय सेवानिवृत्त सेना अधिकारी घर से लापता हो गए थे। बुजुर्ग के घर न लौटने पर परिजनों ने अपने स्तर पर उनकी काफी तलाश की, लेकिन जब उनका कहीं कोई सुराग नहीं लगा, तो उन्होंने थाना सेक्टर-14 में इसकी सूचना दी। हमने मामले की गंभीरता को समझा और तुरंत कार्रवाई शुरू की। हर जगह शेयर की जानकारी थाना सेक्टर-14 प्रभारी इंस्पेक्टर हरिराम के नेतृत्व में टीम ने तुरंत सक्रियता दिखाते हुए बुजुर्ग की फोटो और विवरण जिले के सभी पुलिस व्हाट्सएप ग्रुपों, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और फील्ड में तैनात पीसीआर व राइडर्स के साथ साझा किए। पुलिस टीम लगातार हुलिए के आधार पर आसपास के इलाकों और सीसीटीवी फुटेज खंगालने में जुट गई। जीरकपुर से बरामद खोजबीन के दौरान पुलिस को सूचना मिली कि उक्त हुलिए के एक बुजुर्ग जीरकपुर क्षेत्र में देखे गए हैं। सूचना मिलते ही सेक्टर-14 थाने की टीम ने जीरकपुर पुलिस और स्थानीय संपर्कों के माध्यम से समन्वय स्थापित किया और बुजुर्ग को सुरक्षित बरामद कर लिया। देर रात करीब 10 बजे पुलिस टीम ने बुजुर्ग को पंचकूला लाकर उनके परिजनों के सुपुर्द किया।
शाजापुर के उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय परिसर में गुरुवार को ‘सांसद खेल महोत्सव’ का शुभारंभ हुआ। यह आयोजन सुबह 9 बजे शुरू होना था, लेकिन सांसद के देर से पहुंचने के कारण दोपहर करीब 12 बजे प्रारंभ हो सका। इस देरी से खिलाड़ियों को असुविधा का सामना करना पड़ा। कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत से पहले छात्र-छात्राओं ने सांस्कृतिक नृत्य और देशभक्ति गीतों पर प्रस्तुतियां दीं, जिनकी सराहना की गई। सांसद के पहुंचने पर उन्होंने व्यवस्थाओं में देरी को लेकर संबंधित अधिकारी को फटकार लगाई और समय पर आयोजन शुरू न होने पर नाराजगी व्यक्त की। इसके बाद सांसद ने स्वयं मैदान में पहुंचकर प्रतिभागियों से परिचय प्राप्त किया और खेल प्रतियोगिताओं का शुभारंभ करवाया। मीडिया से बातचीत में सांसद ने कहा कि खेल जीवन में अनुशासन, एकाग्रता और आत्मविश्वास बढ़ाते हैं। खो-खो प्रतियोगिता के दौरान हाई सेकेंडरी मैदान में बच्चियों को खेल से पहले कंकर-पत्थर बीनते हुए देखा गया। इस घटना ने मैदान की तैयारियों पर सवाल खड़े कर दिए। इस अवसर पर विद्यालय स्टाफ, खेल अधिकारी और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
समाजवादी पार्टी की मैनपुरी लोकसभा सांसद डिंपल यादव का जन्मदिन गुरुवार को जनपद में विभिन्न कार्यक्रमों के साथ मनाया गया। समाजवादी पार्टी कार्यालय, आवास विकास कॉलोनी, मैनपुरी में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने केक काटकर सांसद के दीर्घायु जीवन की कामना की। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष एवं पूर्व मंत्री आलोक कुमार शाक्य ने की। उन्होंने इस अवसर पर कहा कि डिंपल यादव लगातार जनहित से जुड़े मुद्दों को संसद में उठा रही हैं, जिससे क्षेत्र की समस्याओं को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिल रही है। जन्मदिन समारोह में पूर्व विधायक राजकुमार यादव उर्फ राजू यादव और किशनी विधायक इंजीनियर बृजेश कठेरिया विशेष रूप से उपस्थित रहे। पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने सांसद के जन्मदिन को 'सेवा संकल्प' के रूप में मनाया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने जिला अस्पताल और विभिन्न मलिन बस्तियों में जाकर गरीबों तथा जरूरतमंदों को फल वितरित किए। पूर्व विधायक राजकुमार यादव ने कहा कि सांसद की कार्यप्रणाली से कार्यकर्ताओं को दिशा और प्रेरणा मिलती है। विधायक इंजीनियर बृजेश कठेरिया ने डिंपल यादव के उज्ज्वल भविष्य की कामना की और समाज के कमजोर वर्गों के प्रति उनके प्रयासों का उल्लेख किया। कार्यक्रम में पूर्व डीसीबी अध्यक्ष डॉ. रामकुमार यादव, जय सिंह कश्यप, महाराज शाक्य, देवेंद्र सिंह यादव एडवोकेट, दयाराम यादव, रजनीश मिश्रा, नृप चौधरी, संतराम सिंह यादव, सुखबीर सिंह यादव, राकेश ठाकुर, रऊफ कुरैशी, किशोरी लाल शर्मा, अंशुल यादव, अंसार हुसैन और अमित कुमार सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
छत्तीसगढ़ के अलग-अलग जिलों में अब तक 26 करोड़ का धान खराब हो चुका है। कवर्धा जिले में चूहे-दीमक, बारिश से 7 करोड़ का धान खराब हुआ था। जशपुर में 7 करोड़ का धान गायब होने का मामला सामने आया था। गौरेला पेंड्रा मरवाही जिले में साल 2024-25 में खरीदा गया लगभग 20,000 क्विंटल धान खराब हो गया है। जिससे शासन को अनुमानित 6 करोड़ से ज्यादा का आर्थिक नुकसान हुआ है। वहीं, महासमुंद जिले के 5 संग्रहण केन्द्रों में करीब साढ़े 5 करोड़ का धान सूख गया। अब PCC चीफ बैज ने आरोप लगाया है कि बस्तर में 1.46 लाख क्विंटल धान खराब हुआ है। बस्तर के धान खरीदी केंद्र में दीपक बैज ने 2 मरे हुए चूहे को दिखाते हुए कहा कि ये चूहे बस्तर पहुंचते पहुंचते मर गए। वहीं, राजधानी रायपुर में पूर्व विधायक विकास उपाध्याय ने सरकार चूहा पकड़ने वाला पिंजरा भी सौंपा है। बस्तर में 1.46 लाख क्विंटल धान खराब होने का आरोप छत्तीसगढ़ में लगातार धान खराब होने के मामले में कांग्रेस सरकार पर हमलावर है। बस्तर में धान संग्रहण केंद्र में निरीक्षण पर पहुंचे PCC चीफ दीपक बैज ने हाथ में मरा हुआ चूहा दिखाते हुए कहा कि ये चूहा कवर्धा, जशपुर और महासमुंद से धान खाकर यहां पहुंचा है इसलिए मर गया। बैज ने तंज कसा कि यहां जो चूहे मिले है वह बीजेपी के है, कहीं आने वाले समय में वह 100 करोड़ का धान ना खा ले। वहीं, उन्होंने 1.46 लाख क्विंटल धान खराब होने का आरोप भी लगाया। रायपुर में कांग्रेस ने खाद्य मंत्री को चूहे पकड़ने वाला पिंजरा दिया छत्तीसगढ़ के कई जिलों में धान खराब होने के मामलों को लेकर कांग्रेस ने भाजपा सरकार के खिलाफ विरोध दर्ज कराया है। 14 जनवरी को पूर्व विधायक विकास उपाध्याय ने राज्य के खाद्य मंत्री दयालदास बघेल को ‘चूहा पिंजरा जाली’ भेंट करने पहुंचे थे। उनका कहना है कि अगर सरकार के अनुसार धान चूहों और दीमक से खराब हुआ है, तो फिर भविष्य में ऐसी घटनाएं रोकने के लिए ठोस व्यवस्था की जानी चाहिए। पेंड्रा में खराब धान बेचने की बात कह रहे अधिकारी जानकारी के अनुसार, साल 2024-25 में खरीदी के बाद पेंड्रारोड स्थित संग्रहण केंद्रों में लंबे समय तक धान पड़ा रहा। इसे समय पर कस्टम मिलिंग के लिए राइस मिलों तक नहीं पहुंचाया जा सका। अव्यवस्थित भंडारण और खुले में रखे जाने के कारण धान पर नमी, बारिश और अन्य मौसमी प्रभावों का असर पड़ा। इन कारणों से धान पूरी तरह काला पड़ गया और अमानक हो गया। अब इसकी गुणवत्ता इतनी गिर चुकी है कि यह उपयोग के योग्य नहीं रह गया है। किसानों और संबंधित हितधारकों में इस मामले को लेकर भारी नाराजगी है। उनका कहना है कि यदि समय रहते परिवहन, उचित कवरिंग और मिलिंग की व्यवस्था की जाती, तो इस बड़े नुकसान से बचा जा सकता था। प्रशासनिक स्तर पर समयबद्ध उठाव न होने से यह स्थिति उत्पन्न हुई है। जिला विपणन अधिकारी हरीश शर्मा ने इस संबंध में सफाई देते हुए कहा है कि कुल 20 हजार क्विंटल में से लगभग 16 हजार क्विंटल धान का डिलीवरी ऑर्डर (DO) कट चुका है और राइस मिलर्स इसे उठाने को तैयार हैं। कवर्धा में चूहे-दीमक, बारिश ने खराब किया धान कवर्धा में चारभांठा और बघर्रा धान खरीदी केंद्र में खरीफ विपणन साल 2024-25 के दौरान MSP में खरीदे गए 26 हजार क्विंटल धान का शॉर्टेज मिला। जांच में इसकी कीमत करीब 7 करोड़ रुपए आंकी गई है। अधिकारियों का दावा है कि 26 हजार क्विंटल धान चूहे, दीमक, कीड़े और मौसम की मार से नष्ट हुआ है। जांच के दौरान दोनों धान खरीदी केंद्रों में फर्जी एंट्री, फर्जी बिल, मजदूरों की फर्जी हाजिरी और CCTV कैमरे से छेड़छाड़ जैसे गंभीर मामले सामने आए हैं। शिकायत सही पाए जाने के बाद बाजार चारभांठा धान खरीदी केंद्र के प्रभारी प्रीतेश पांडे को हटा दिया गया है। जशपुर खरीदी केंद्र से 20,586 क्विंटल धान गायब जशपुर जिले के धान खरीदी केंद्र में खरीफ विपणन साल 2024-25 के दौरान बड़ी अनियमितता सामने आई है। जहां करीब 6 करोड़ 55 लाख रुपए की आर्थिक गड़बड़ी पाई गई है। जब अपेक्स बैंक के नोडल अधिकारी ने मौके का निरीक्षण किया तो मामले का खुलासा हुआ। मामला आदिम जाति सेवा सहकारी समिति मर्यादित कोनपारा (पंजीयन क्रमांक 128) के अंदर संचालित धान खरीदी उपकेंद्र का है। यहां पदस्थ अधिकारियों और कर्मचारियों ने धान खरीदी के रिकॉर्ड में हेराफेरी की है। शुरुआती जांच और संयुक्त जांच दल की ओर से किए गए भौतिक सत्यापन में 20,586.88 क्विंटल धान कम पाया गया। नोडल अधिकारी की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने केस दर्ज कर एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, 6 के खिलाफ FIR हुई है। मामला तुमला थाना क्षेत्र का है। महासमुंद में साढ़े 5 करोड़ का धान सूख गया महासमुंद में करोड़ों रुपए का धान सही समय पर उठाव नहीं होने से सूख चुका है। जिले के पांच धान संग्रहण केंद्रों में धान सूखने की जानकारी सामने आई है, जिससे शासन को करीब साढ़े 5 करोड़ रुपए का घाटा हुआ है। जिले में विपणन वर्ष 2024-25 में 182 धान उपार्जन केन्द्रों के माध्यम से 11 लाख 4 हजार 273 टन से ज्यादा धान खरीदा गया था। धान उपार्जन केन्द्रों से 2 लाख 28 हजार 887.52 टन धान जिले के पांच संग्रहण केन्द्रों महासमुंद, बागबाहरा, पिथौरा, बसना, सरायपाली में रखा गया था। धान खरीदी बंद होने के 10 महीने तक धान संग्रहण केंद्रों से जिले के राइस मिलर्स समेत दूसरे जिलों के राइस मिलर्स ने कस्टम मिलिंग की। कस्टम मिलिंग में 8211.64 टन धान का शॉर्टेज आया। जिसके बाद मामले का खुलासा हुआ। इस मामले में आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। ......................... इससे जुड़ी खबर भी पढ़ें... धान चूहे-दीमक खा गए बोलने वाले अफसर को नोटिस: प्रभारी सस्पेंड,कलेक्टर बोले- सूखत के कारण शॉर्टेज हुआ था, कवर्धा में 7 करोड़ का धान बेकार कवर्धा जिले में 7 करोड़ के धान खराब मामले में जिला प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए संग्रहण केंद्र प्रभारी को निलंबित कर दिया है और डीएमओ अभिषेक मिश्रा को गलत बयानबाजी के आरोप में शोकॉज नोटिस जारी किया है। पढ़ें पूरी खबर...
हमीरपुर जिले के सुमेरपुर थाना कस्बे में एक मुस्लिम युवक द्वारा युवती का अश्लील वीडियो सोशल मीडिया पर अपलोड किया गया है जिसके बाद इलाके में भारी तनाव फैल गया है। घटना से आक्रोशित व्यापार मंडल सहित हिंदू संगठनों ने बाजार बंद कराते हुए नेशनल हाईवे पर जाम लगा दिया। वहीं पीड़िता के परिजनों ने थाने में तहरीर देकर आरोपी युवक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। तो वहीं व्यापार मंडल ने कार्यवाही ना होने तक नेशनल हाईवे पर जाम लगाए रहने की बात कही है। परिजनों के अनुसार, आरोपी युवक की मुहम्मद आफान है। आरोप है कि उसने युवती को प्रेमजाल में फंसाया, उसका वीडियो बनाया और फिर उसे सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया। वीडियो सामने आते ही स्थानीय लोग भड़क उठे और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। आक्रोशित भीड़ ने पहले बाजार बंद कराया, फिर सुमेरपुर थाने के बाहर जमकर हंगामा किया। प्रदर्शनकारियों ने आरोपी की तुरंत गिरफ्तारी और कठोर कार्रवाई की मांग की। इसके बाद व्यापारियों ने नेशनल हाईवे पर जाम लगा दिया, जिससे यातायात बाधित रहा। व्यापार मंडल के अध्यक्ष दीपू गुप्ता ने कहा कि यह घटना बेहद गंभीर है। उन्होंने आरोप लगाया कि आरोपी कस्बे के एक तथाकथित लकड़ी कारोबारी का बेटा है और उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक आरोपी पर कार्रवाई नहीं होती, प्रदर्शन जारी रहेगा। पीड़िता के भाई ने पुलिस को बताया कि आरोपी और उसके एक साथी ने उसकी बहन को लगातार फोन कर परेशान किया और बाद में वीडियो बनाकर वायरल कर दिया। उन्होंने कहा कि परिवार मानसिक रूप से बेहद आहत है और यदि कार्रवाई नहीं हुई तो वे थाने में ही धरना देंगे।
सुल्तानपुर में मकर संक्रांति पर्व पर आदि गंगा गोमती के तट पर स्थित सीताकुंड घाट पर लगभग 20 हजार श्रद्धालुओं ने डुबकी लगाई। बृहस्पतिवार सुबह 5 बजे से ही हजारों की संख्या में लोग घाट पर पहुंचे और पवित्र स्नान कर दान-पुण्य किया। इस दौरान श्रद्धालुओं ने अपने परिवारों के साथ पूजा-अर्चना भी की। शहर के परशुराम चौराहे पर सुंदरकांड पाठ का आयोजन किया गया, जहां राहगीरों को खिचड़ी और तिल वितरित किए गए। इसके अतिरिक्त, शहर के कई अन्य स्थानों पर भी खिचड़ी भोज का आयोजन हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। मकर संक्रांति के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बाबा तिलक धारी दास ने बताया कि यह वह समय है जब संक्रांति बदलती है और सभी शुभ कार्यों की शुरुआत होती है। उन्होंने कहा, 'इस दिन गंगा या पवित्र नदियों में स्नान और दान का विशेष महत्व है। स्नान-दान से मनुष्य को लाभ और पुण्य मिलता है।' मान्यता है कि मकर संक्रांति पर किया गया दान और पवित्र स्नान जीवन में सुख-समृद्धि लाता है। घाट पर स्वच्छता अभियान चलाया गोमती मित्र मंडल के प्रदेश अध्यक्ष अधिवक्ता मदन सिंह ने बताया कि उनकी संस्था ने घाट पर स्वच्छता अभियान चलाया। साथ ही, श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए अलाव की व्यवस्था भी की गई थी। अपर पुलिस अधीक्षक अखंड प्रताप सिंह ने जानकारी दी कि सुरक्षा व्यवस्था के व्यापक प्रबंध किए गए थे। घाट पर 4 एसएचओ, 35 सिपाही और 20 महिला कांस्टेबल तैनात किए गए थे, जिससे श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
हरदोई में पंचायत चुनाव से पहले संभावित प्रत्याशियों द्वारा शक्ति प्रदर्शन के मामले सामने आ रहे हैं। हरदोई के साण्डी ग्रामीण मंडल से भाजपा के मंडल उपाध्यक्ष कुलदीप सिंह का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इस वीडियो में कुलदीप सिंह चलती कार के बोनट पर सवार होकर रील बनवाते दिख रहे हैं, जिससे यातायात नियमों का उल्लंघन हुआ है। यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब राज्य सरकार और प्रशासन 'सड़क सुरक्षा माह' चलाकर लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक कर रहे हैं। कुलदीप सिंह जिला पंचायत सदस्य पद के दावेदार बताए जा रहे हैं। वीडियो में उनकी यह स्टंटबाजी युवाओं को आकर्षित करने के प्रयास के रूप में देखी जा रही है, हालांकि यह अब विवाद का विषय बन गया है। इस वायरल वीडियो के बाद पुलिस कार्रवाई को लेकर सवाल उठ रहे हैं। उत्तर प्रदेश पुलिस ने हाल के दिनों में रील बनाने के लिए स्टंट करने वाले कई लोगों पर भारी चालान लगाए हैं। अब देखना होगा कि इस मामले में पुलिस और परिवहन विभाग क्या कार्रवाई करते हैं, क्योंकि वीडियो अब उनके संज्ञान में है।
हरदोई में जनपद के कोतवाली देहात इलाके से गुरुवार को दिल दहला देने वाली खबर सामने आई। पुलिस महकमे में तैनात सिपाही गौरव प्रजापति ने अपने आवासीय कमरे में फांसी लगाकर जीवन का अंत कर लिया। घटना की सूचना मिलने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। जानकारी के अनुसार, वर्ष 2020 बैच के कांस्टेबल गौरव प्रजापति प्रगति नगर मोहल्ले में किराए के मकान में रहते थे। गौरव वर्तमान में न्यायालय सुरक्षा (कोर्ट सुरक्षा) की ड्यूटी पर तैनात थे। गुरुवार को वह काफी देर तक कमरे से बाहर नहीं निकले। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंचे लोग उन्हें फंदे पर लटका हुआ पाए। वरिष्ठ अधिकारियों ने किया मौका मुआयना घटना की गंभीरता को देखते हुए सीओ सिटी अंकित मिश्रा भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। फील्ड यूनिट को बुलाकर कमरे से महत्वपूर्ण साक्ष्य (Evidence) संकलित किए गए। पुलिस ने शव को फंदे से उतारकर पंचनामा भर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। गौरव की दूसरी शादी को अभी मात्र 40 दिन ही हुए थे। खुशियों के घर में मातम पसर गया है। सूचना मिलते ही अपर पुलिस अधीक्षक (पश्चिमी) मार्तंड प्रकाश सिंह और सीओ सिटी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुँचे। फील्ड यूनिट ने मौके से साक्ष्य जुटाए हैं और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। फिलहाल पुलिस घरेलू कलह, मानसिक तनाव या ड्यूटी के दबाव जैसे हर पहलू पर बारीकी से जांच कर रही है। जांच में जुटी पुलिस सिपाही गौरव ने आत्महत्या क्यों की, इसका कारण अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाया है। कमरे से कोई सुसाइड नोट बरामद हुआ या नहीं, इस पर पुलिस ने अभी कुछ नहीं कहा है। सीओ सिटी अंकित मिश्रा ने बताया कि हर एंगल से गहनता से जांच की जा रही है। परिजनों को घटना की सूचना दे दी गई है और उनके आने के बाद ही आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।
बूंदी में लाखेरी-पापड़ी रेलवे ओवरब्रिज 1 साल में जर्जर:सतह उखड़ी-कई जगह दरारें पड़ी, हादसे का डर
बूंदी जिले के लाखेरी क्षेत्र में स्थित पापड़ी रेलवे ओवरब्रिज अपनी निर्माण अवधि के 1 साल के भीतर ही जर्जर हो गया है। पुल की सतह उखड़ गई है, जगह-जगह दरारें पड़ गई हैं और सरिए बाहर निकल आए हैं, जिससे बड़े हादसे की आशंका बनी हुई है।स्थानीय निवासियों के अनुसार, यह ओवरब्रिज भारी वाहनों और दैनिक आवागमन का एक प्रमुख मार्ग है। इसके बावजूद, इसकी निर्माण गुणवत्ता पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। मरम्मत की मांगपुल की खराब स्थिति के बारे में प्रशासन को कई बार सूचित किया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। ग्रामीणों और राहगीरों ने प्रशासन की लापरवाही पर नाराजगी व्यक्त की है और समय रहते मरम्मत या जांच की मांग की है।
थकान, त्वचा और आंखों का पीला पड़ना, सांस लेने में तकलीफ और पेट में सूजन थैलेसीमिया के लक्षण हैं। इसके MP में 2 हजार से अधिक रजिस्टर केस हैं। करीब 1800 मरीज नियमित रूप से ब्लड सेंटर्स जाकर ट्रांसफ्यूजन कराते हैं। सरकार ने पहली बार इस स्थिति को गंभीरता से लिया है। इसका जिलेवार डेटा जुटाया जा रहा है। मेदांता फाउंडेशन और राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) ने फोटो-HLA टेस्ट से लेकर बोन मैरो ट्रांसप्लांट तक की सुविधा मुफ्त में उपलब्ध कराने की तैयारी कर ली है। इसके लिए हाल ही में एक MOU भी किया गया है। तेजी से बढ़ रहे थैलेसीमिया के केसमध्यप्रदेश में थैलेसीमिया के मामले लगातार सामने आ रहे हैं, लेकिन अधिकांश परिवारों को यह भी नहीं पता कि इलाज सिर्फ ब्लड ट्रांसफ्यूजन तक सीमित नहीं है। विशेषज्ञों का कहना है कि थैलेसीमिया के रोगी यदि पात्र हों तो बोन मैरो ट्रांसप्लांट (BMT) के जरिए पूरी तरह ठीक हो सकते हैं। अपना आगे का जीवन सामान्य रूप से जी सकता है। NHM से मिली जानकारी के अनुसार इलाज में देरी या लापरवाही से शरीर में आयरन ओवरलोड हो जाता है, जो हृदय, लिवर और एंडोक्राइन सिस्टम को नुकसान पहुंचा सकता है। सरकार जुटा रही जिला-वार डेटा थैलेसीमिया मामलों की सही तस्वीर सामने लाने के लिए सरकार ने जिला स्तर पर डेटा कलेक्शन शुरू किया है। लक्ष्य यह है कि कितने बच्चे ट्रांसफ्यूजन पर हैं, किस उम्र में बीमारी सामने आई, परिवार की आर्थिक स्थिति क्या है और कौन BMT के लिए पात्र है। स्वास्थ्य विभाग का मानना है कि जिलेवार आंकड़े मिलने पर हर बच्चे की मेडिकल-स्किल बेस्ड योजना बनाई जा सकेगी और समय रहते हस्तक्षेप किया जा सकेगा। माता-पिता से बच्चों में आता है थैलेसीमिया थैलेसीमिया एक अनुवांशिक रक्त विकार है जो माता-पिता से बच्चों में आता है। इस बीमारी में शरीर में हीमोग्लोबिन सही मात्रा में नहीं बनता। परिणामस्वरूप शरीर में खून की कमी हो जाती है और मरीज को धीरे-धीरे रक्त चढ़ाना पड़ता है। डॉक्टर बताते हैं कि औषधि और ब्लड ट्रांसफ्यूजन से बीमारी नियंत्रित रखी जा सकती है, परंतु इसका पूर्ण इलाज बोन मैरो ट्रांसप्लांट ही है। इसलिए जागरूकता, समय पर पहचान और सही उपचार महत्वपूर्ण है। MOU के कारण मरीज के लिए सब होगा फ्री प्रदेश के थैलेसीमिया बच्चों को नि:शुल्क बोन मैरो ट्रांसप्लांट सुविधा देने के लिए राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन मध्य प्रदेश और मेदांता फाउंडेशन नई दिल्ली के बीच एक समझौता हुआ है। इस समझौते के अनुसार प्रथम चरण में इंदौर, उज्जैन और देवास जिले कवर होंगे। इसके बाद बच्चों और उनके भाई व बहनों की HLA टाइपिंग होगी, पात्रता की पुष्टि के बाद मरीजों को दिल्ली भेजा जाएगा और बोन मैरो ट्रांसप्लांट पूरी तरह मुफ्त होगा। इसके साथ ही आवाजाही और आवास का खर्च भी नहीं लगेगा। यह योजना कोल इंडिया थैलेसीमिया बाल सेवा योजना (TBSY) के तहत चलाई जा रही है। अब समझें- मरीज कब पात्र माना जाएगा ● आयु- 12 वर्ष या उससे कम ● पारिवारिक आय- 8 लाख रुपए या उससे कम ● ट्रांसफ्यूजन डिपेंडेंट थैलेसीमिया की पुष्टि ● 100% HLA मैच हो ● दाता- भाई या बहन ही होना चाहिए ● मरीज Class IIIB से बाहर हो ● लिवर का साइज नियंत्रित सीमा में हो HLA मैचिंग सबसे जरूरी इलाज का सबसे अहम चरण प्रोग्राम का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा है HLA मैचिंग, जो यह तय करती है कि बोन मैरो किसका लगेगा और ट्रांसप्लांट कितना सफल होगा। NHM के पूर्व संचालक डॉ. पंकज शुक्ला के अनुसार जितने जल्दी बीमारी पकड़ी जाती है, उतना HLA मैच मिलने और BMT सफल होने की संभावना बढ़ती है। इसलिए सरकार मैदानी स्तर पर शिविर लगाकर माता-पिता, भाई-बहन और अन्य आवश्यक रिश्तेदारों की HLA मैचिंग करा रही है। ट्रांसप्लांट के बाद सामान्य जीवन डॉक्टर स्पष्ट कहते हैं कि बोन मैरो ट्रांसप्लांट के बाद मरीज सामान्य जीवन जी सकता है। उपचार के बाद ब्लड ट्रांसफ्यूजन बंद हो जाता है। आयरन ओवरलोड का खतरा खत्म होता है, जीवन प्रत्याशा बढ़ती है और मरीज मानसिक रूप से भी स्वस्थ रहता है। इसके अलावा फॉलोअप जरूर होते हैं पर जीवन लगभग सामान्य रहता है। मरीज और परिवार को मिलेंगी यह सुविधा ● HLA टेस्टिंग ● बोन मैरो ट्रांसप्लांट ● मरीज व परिजन का दिल्ली आना-जाना ● रहने-खाने की व्यवस्था प्रदेश में अभी क्या सुविधाएं ● सभी सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में मुफ्त दवाएं ● सभी ब्लड सेंटर्स में मुफ्त ब्लड ट्रांसफ्यूजनन ● इंदौर और जबलपुर में BMT की सीमित सुविधा निजी में BMT का 15 से 30 लाख का खर्च थैलेसीमिया से जूझ रहे परिवारों के लिए यह पहल बड़ी राहत है। क्योंकि एक ट्रांसप्लांट का खर्च निजी संस्थानों में 15-30 लाख तक आता है। ज्यादातर परिवार आर्थिक रूप से सक्षम नहीं होते, इसलिए मरीज जिंदगीभर खून चढ़ाते हुए ही बड़े होते जाते हैं। सरकारी सहयोग से अब पहली बार स्थिति बदलने के आसार दिखे हैं। थैलेसीमिया केवल एक मेडिकल टर्म नहीं, बल्कि हजारों परिवारों की रोजमर्रा की चिंता है। मध्यप्रदेश में पहली बार इसे गंभीरता से लिया गया है।
मध्य प्रदेश सरकार के वन एवं पर्यावरण मंत्री दिलीप अहेरवार ने गुरुवार को द्वादश ज्योतिर्लिंगों में प्रमुख बाबा बैद्यनाथ धाम में विधिवत पूजा-अर्चना की। दिलीप अहेरवार ने प्रातः काल मंदिर परिसर पहुंचकर पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार पुरोहितों के वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच षोडशोपचार विधि से भगवान शिव की पूजा संपन्न कराई। पूजन के दौरान मंत्री दिलीप अहेरवार ने बाबा बैद्यनाथ पर जल, बेलपत्र, पुष्प और धतूरा सहित अन्य पूजन सामग्री अर्पित की। उन्होंने देशवासियों के सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली के लिए कामना की। इसके साथ ही, उन्होंने पर्यावरण संरक्षण, प्राकृतिक संतुलन और भावी पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य के लिए भी विशेष प्रार्थना की। मंत्री ने इस अवसर पर कहा कि प्रकृति और पर्यावरण की रक्षा करना हम सभी का सामूहिक दायित्व है और शिव आराधना से इस दिशा में सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त होती है। पूजा-अर्चना के बाद उन्होंने बताया कि बाबा बैद्यनाथ धाम में दर्शन और पूजन करने से आत्मिक शांति एवं मानसिक संतुलन की अनुभूति होती है। मंत्री ने अपनी कामना व्यक्त करते हुए कहा कि बाबा की असीम कृपा से देश निरंतर प्रगति के मार्ग पर आगे बढ़े, समाज में सद्भाव बना रहे और प्रत्येक नागरिक स्वस्थ, सुरक्षित एवं खुशहाल जीवन व्यतीत करे। मंत्री के आगमन की पूर्व सूचना मिलने पर मंदिर प्रशासन द्वारा समुचित तैयारियां की गई थीं। पूजा के दौरान सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए, ताकि अन्य श्रद्धालुओं को कोई असुविधा न हो। मंत्री के साथ आए सहयोगियों और अन्य श्रद्धालुओं ने भी बाबा बैद्यनाथ के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। मंत्री की पूजा-अर्चना को लेकर श्रद्धालुओं में भी विशेष उत्साह देखा गया।
फतेहाबाद जिले के जाखल खंड के गांव नडेल में गुरुवार को एक जमीन की नीलामी प्रक्रिया को लेकर भारतीय किसान यूनियन (एकता उग्रहा) ने जोरदार प्रदर्शन किया। यह नीलामी कोर्ट के आदेश पर पैसों के लेनदेन के एक मामले में की जानी थी। स्थिति को देखते हुए गांव में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया, जिससे पूरा गांव पुलिस छावनी में तब्दील हो गया। जाखल के नायब तहसीलदार रशविंदर सिंह और जाखल थाना प्रभारी सुरेश कुमार भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को पहले से ही मजबूत कर दिया था। भारी संख्या में पहुंचने का किया था आह्वान नीलामी प्रक्रिया शुरू होने से पहले ही भारतीय किसान यूनियन (एकता उग्रहा) ने सुबह से ही धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया था। धरने में बड़ी संख्या में किसान मौजूद थे। भाकियू ने बुधवार देर शाम एक वीडियो जारी कर किसानों से भारी संख्या में पहुंचने का आह्वान किया था। प्रदर्शनकारी किसानों ने कहा कि वे किसी भी सूरत में किसान की जमीन नीलाम नहीं होने देंगे और संगठन गांव के किसान के साथ खड़ा है। कोई भी बोलीदाता नहीं आया इस मामले में कोर्ट के आदेश के अनुसार आढ़ती जगदीश चंद भी मौके पर मौजूद रहे। जगदीश चंद ने पहले ही अपनी सुरक्षा को लेकर जिला पुलिस कप्तान को पत्र लिखकर मांग की थी। नायब तहसीलदार और थाना प्रभारी की मौजूदगी में दोपहर 1 बजकर 30 मिनट तक जमीन की बोली लगाने के लिए कोई भी बोलीदाता नहीं आया।
हनुमानगढ़ में मकर संक्रांति के पावन अवसर पर टाउन फाटक स्थित गोशाला परिसर में श्रद्धा और सेवा भाव से ओतप्रोत विशेष आयोजन किए गए। इस दौरान गोदान, हवन-यज्ञ और विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। पर्व के उपलक्ष्य में गोशाला में विधिवत हवन-यज्ञ संपन्न हुआ। इसमें श्रद्धालुओं ने वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ आहुतियां अर्पित कर गोमाता के कल्याण और समाज की सुख-समृद्धि की कामना की। वैदिक विधि-विधान के साथ गौदान भी संपन्न कराया गया। फाटक गोशाला समिति के अध्यक्ष मुरलीधर अग्रवाल ने बताया कि गोशाला में दुर्घटनाग्रस्त, बीमार और असहाय गोवंश की निस्वार्थ सेवा की जाती है। समाज के सहयोग से गोवंश के उपचार, देखभाल और संरक्षण का कार्य लगातार जारी है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि हनुमानगढ़ से लगभग 40 किलोमीटर की परिधि में कहीं भी गोवंश दुर्घटनाग्रस्त या गंभीर रूप से बीमार मिलने पर उसे तुरंत फाटक गोशाला लाकर इलाज उपलब्ध कराया जाता है। अग्रवाल ने बताया कि माघ मास के दौरान प्रतिदिन प्रातः हवन का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें सभी गौभक्त सहभागिता कर सकते हैं। इन आयोजनों ने मकर संक्रांति पर्व को आध्यात्मिक गरिमा प्रदान करते हुए समाज में गोसेवा का संदेश दिया।
रामपुर के स्वार क्षेत्र के मोहल्ला स्वार खास में गुरुवार सुबह करीब 6 बजे 52 वर्षीय जुल्फेकर अली का शव एक पेड़ से लटका मिला। घटना की सूचना मिलते ही इलाके में भीड़ जमा हो गई। कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमॉर्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। पुलिस ने इसे आत्महत्या का मामला बताया है। देखिए घटना से जुड़ी 3 तस्वीरें... फज्र की नमाज अदा करने गया था मस्जिद जानकारी देते हुए परिजनों ने बताया कि जुल्फेकर अली आर्थिक तंगी और बच्चों की गंभीर बीमारी से परेशान थे। वह बृहस्पतिवार सुबह करीब छह बजे फज्र की नमाज अदा करने मस्जिद गए थे। जिसके बाद वह घर नहीं लौटे। परिजनों ने उनके मोबाइल नंबर पर कॉल की, लेकिन फोन नहीं उठा। पेड़ से लटका मिला शव राहगीरों ने पेड़ से लटका शव देखा और इसकी सूचना पुलिस को दी। लोगों ने शव की पहचान जुल्फेकर अली के रूप में की। सूचना मिलने पर परिजन भी मौके पर पहुंचे। कोतवाली पुलिस ने लोगों की मदद से शव को नीचे उतरवाया। घटनास्थल पर पेड़ के पास मृतक की चप्पलें भी मिलीं। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। मृतक की ससुराल भी नगर में ही बताई गई है। बेटी की 1 साल पहले हुई थी मौत मृतक के बेटे अयान ने जानकारी दी है कि पिता जुल्फेकर बकरे खरीदने और बेचने का काम करते थे, जिससे परिवार का गुजारा चलता था। परिवार में पत्नी साजदा, बड़ा बेटा अयान (18), बेटी अदीबा (17), अदनान (11) और फरहान (9) हैं। एक बेटी महक (14) की एक वर्ष पूर्व बीमारी से मौत हो चुकी है। बड़ा बेटा अयान गंभीर बीमारी से पीड़ित है और उसे वर्ष में दो बार ब्लड चढ़ाना पड़ता है। छोटे बेटे अदनान के एक हाथ में विकलांगता है, जबकि तीसरे फरहान के दिमाग में ट्यूमर था , जिसका आपरेशन के बाद इलाज चल रहा है। चारों ओर से मुसीबतों का पहाड़ किराये के मकान में रहने, बच्चों के इलाज और घरेलू खर्चों के चलते जुल्फेकर लंबे समय से मानसिक तनाव में थे। लोगों में चर्चा है कि इन्हीं परेशानियों से टूटकर उन्होंने आत्मघाती कदम उठा है। वह चारों ओर से मुसीबतों का शिकार हो गए। उनके आत्मघाती कदम से परिवार पर मुसीबत का पहाड़ टूट पड़ा है। पुलिस को पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार कोतवाली पुलिस का कहना है कि प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, हालांकि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट होगी। कोतवाल प्रदीप मलिक ने बताया कि अभी तक इस संबंध में कोई तहरीर प्राप्त नहीं हुई है। पुलिस अपने स्तर से मामले की जांच कर रही है।
विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण (एसआईआर) के अंतर्गत नए मतदाताओं को जोड़ने के लिए 18 जनवरी को जिले में अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान में जिले के सभी मतदेय स्थलों पर संबंधित बीएलओ सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक उपस्थित रहेगें। एडीएम वित्त एवं राजस्व विवेक चतुर्वेदी ने बताया कि एसआईआर के अन्तर्गत वह व्यक्ति नए मतदाता बनने के लिए पात्र हैं, जो 01 जनवरी 2026 को 18 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुके है। उन सभी मतदाताओं से फार्म-6 घोषणा पत्र के साथ प्राप्त कर लिया जाएगा और यथा सम्भव उनको नाम मतदाता सूची में शामिल किए जाने की कार्यवाही नियमविहित प्रकियानुसार की जाएगी। फार्म को आप जिला निर्वाचन अधिकारी कानपुर नगर की अधिकारिक वेबसाइट https://kanpurnagar.nic.in/deo-portal/ पर देख व डाउनलोड कर सकते हैं। किस काम के लिए भरना होगा कौन सा फार्म एडीएम ने बताया कि विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों के एसआईआर के तहत 06 जनवरी को ड्राफ्ट वोटर लिस्ट का प्रकाशन किया गया है। अब छह फरवरी तक नए मतदाताओं को प्रारूप-6, घोषणा पत्र के साथ, अपमार्जन के लिए प्रारूप-7, किसी प्रविष्टि में त्रुटि, पता बदलवाने एवं डुप्लीकेट वोटर कार्ड के लिए प्रारूप-8. घोषणा पत्र (अनुलग्नक-IV) के साथ भरकर जमा करना होगा। इसके अलावा आनलाइन आवेदन भी कर सकते हैं। फार्म भरने के बाद बीएलओ को जानकारी अवश्य दें। आनलाइन बीएलओ से करें संपर्क डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि मतदाताओं की सुविधा के लिए बुक-ए-कॉल विथ बीएलओ सेवा प्रारंभ की गई है। इस सुविधा का लाभ लेने के लिए मतदाता निर्वाचन आयोग के आधिकारिक वोटर पोर्टल https://voters.eci.gov.in अथवा ECINET App पर लॉगिन कर सकते हैं। लॉगिन के पश्चात “Book a Call with BLO” विकल्प के माध्यम से अपनी पहचान संबंधी विवरण भरकर कॉल बुक करने का अनुरोध दर्ज किया जा सकता है। अनुरोध प्राप्त होने के बाद संबंधित बूथ लेवल ऑफिसर सामान्यतः 48 घंटे के भीतर मतदाता से फोन पर संपर्क करेगा।
सबलगढ़ थाना क्षेत्र में जुआ खुलेआम खेतों में खेला जा रहा है। 50 से अधिक जुआरी हजारों में जीत हार का दाव लगा रहे है। जुआ खेलने के दो वीडियो भी सामने आया है। वीडियो सामने आने से पुलिस महकमे में खलबली मंच गई है। दिन दहाड़े खुले आम खेले जा रहे जुआ से पुलिस कार्रवाई पर भी सवाल उठ रहे है। हालांकि सबलगढ़ पुलिस ऐसे घटना क्रम से मना कर रही है। सबलगढ़ में जुआ सबलगढ़ तहसील में बन रहे नवीन अस्पताल के सामने होम गार्डन के पास खुले में हुए का अड्डा चालू है। यह अड्डा किसी चार दिवारी में नहीं खुले खेत में चल रहा है। यहां आधा सैकड़ा से अधिक लोग हजारों के हार जीत के दाव लगा रहे है। एक व्यक्ति नीचे बैठ ताश के पत्तों को अन्दर बाहर कर रहा है। शेष लोग हाथों में रुपए लिए अपना-अपना दाव लगा रहे है। इस खुले में चल रहे जुए के दो वीडियो भी सामने आए है। यह वीडियो में जुआ खेलने के दो आए वीडियो में आधा सैकड़ा के करीब लोग है । कुछ लोग त्रिपाल जमीन में बिछाकर उसके ऊपर बैठे है कुछ लोग चारों तरफ गोला बनाकर खड़े है। नीचे सेंटर में बैठे व्यक्ति के पास ताश की गड्डी है, शेष बैठे लोगों पर और खड़े लोगों के पास 500-500 के नोट है, जो अपना अपना दाव लगा रहे है। एक व्यक्ति बोला 1500 रुपए बाहर कर दे। दूसरा बोला 9 हजार दे। वह फिर 1 से लेकर 9 तक रकम गिनता भी है। कोई सौ रुपए वापस करने की बात कहता है। इस तरह जुए के इस खुले अड्डे पर दिन भर हार जीत के दाव लगाते रहे। किसी साथ गए व्यक्ति ने वीडियो बना लिया। इलाका यही बस खेत बदलते सूत्र के अनुसार जुआ खिलाने वाले की सबलगढ़ थाने में अच्छी सेंटिंग है । इसलिए वह चार पांच दिन में जगह और खेत बदल देते है । लेकिन इलाका यही रहता है । जब जब खेत जगह बदलते है तो सम्बंधित पुलिस कर्मी को सूचित कर देते है । हमारे क्षेत्र का नहीं सबलगढ़ थाना प्रभारी राजकुमारी परमार के अनुसार हमारे थाने का कोई वीडियो नहीं है हमने वीडियो देखा है। जांच कराई है। कहां का है यह हम नहीं बता सकते।
उमरिया जिले के चंदिया तहसील क्षेत्र के कोयलारी गांव में महिलाओं ने नशे के विरोध में प्रदर्शन किया। बुधवार को हुए इस प्रदर्शन के बाद चंदिया पुलिस ने गांव में दबिश दी और छह घरों की तलाशी ली। इसके बाद दो महिलाओं से 15 लीटर शराब जब्त की गई। पुलिस ने आबकारी अधिनियम के तहत कार्रवाई की है। हालांकि, महुआ लहान पर कार्रवाई के लिए आबकारी विभाग दूसरे दिन भी गांव नहीं पहुंचा और न ही कोई कार्रवाई की। बुधवार को महिलाओं ने नशे के विरोध में सड़क जाम कर दी थी। उन्होंने लगभग 50 डिब्बे महुआ लहान सड़क पर फेंक दिए और गांव को नशा मुक्त बनाने की मांग को लेकर सड़कों पर उतरी थीं। महिलाओं का मानना था कि नशे के कारण गांव की युवा पीढ़ी बर्बाद हो रही है और परिवारों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। दो महिलाओं से शराब जब्त मौके पर पहुंचे उप निरीक्षक मनीष सिंह ने गुरुवार को बताया कि मईकी बाई और सुमन नामक दो महिलाओं से 15 लीटर शराब जब्त की गई है। उन्होंने यह भी बताया कि महुआ लहान पर कार्रवाई के लिए आबकारी विभाग को सूचित कर दिया गया है। पुलिस लगातार सर्चिंग अभियान में जुटी हुई है।
प्रयागराज के अतरसुइया थाने में बृहस्पतिवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब थाने पहुंचे तीन युवकों ने थाने में तैनात ड्राइवर संजय पर गंभीर आरोप लगाए। युवकों का आरोप है कि सादे कपड़ों में मौजूद आरोपी ड्राइवर ने उनके एक साथी के साथ मारपीट की और मोबाइल फोन छीन लिया। घटना को लेकर थाने परिसर में जमकर हंगामा हुआ। वीडियो बनाकर लगाए आरोप आरोप लगाने वाले युवकों ने पूरे घटनाक्रम का वीडियो भी बनाया है, जिसमें आरोपी ड्राइवर संजय से उनकी नोकझोंक होती साफ दिखाई दे रही है। वीडियो में मौके पर थाना प्रभारी राममूर्ति यादव समेत अन्य पुलिसकर्मी भी मौजूद नजर आ रहे हैं। वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामला और तूल पकड़ता जा रहा है। पीड़ित को टरकाने का आरोप युवकों का कहना है कि वे थाने में एक पीड़ित का मुकदमा दर्ज कराने पहुंचे थे, लेकिन पिछले कई दिनों से थाने के चक्कर कटवाए जा रहे थे। इसी शिकायत को लेकर वे थाना प्रभारी से मिलने पहुंचे थे। आरोप है कि इसी दौरान वहां मौजूद ड्राइवर संजय से कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते मारपीट में बदल गई और मोबाइल छीन लिया गया। नियमों के खिलाफ दोबारा पोस्टिंग का आरोप इस पूरे मामले में एक और गंभीर आरोप सामने आया है। बताया जा रहा है कि आरोपी ड्राइवर संजय की अतरसुइया थाने में यह दोबारा पोस्टिंग है, जबकि पुलिस विभाग के नियमों के अनुसार थानों में री-पोस्टिंग पर रोक है। इसके बावजूद ड्राइवर को दोबारा उसी थाने में कैसे तैनात किया गया, इसे लेकर विभागीय कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं। पहले भी लग चुके हैं आरोप सूत्रों के मुताबिक, आरोपी ड्राइवर संजय पूर्व में एसओजी में भी तैनात रह चुका है और उसके खिलाफ कई शिकायतें उच्चाधिकारियों तक पहुंच चुकी हैं। हालांकि, अब तक इन शिकायतों पर क्या कार्रवाई हुई, इसको लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है। ACP ने क्या कहा पूरे मामले पर एसीपी अतरसुइया राजकुमार मीना ने बताया कि तीनों युवक थाने में एक मुकदमा लिखाने पहुंचे थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए थाने के सीसीटीवी फुटेज मंगवाए गए हैं। एसीपी ने कहा कि अभी तक मारपीट के आरोपी की पुष्टि नहीं हो सकी है और पूरे प्रकरण की जांच कराई जा रही है। जांच के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में 23 जनवरी को होने वाले भारत और न्यूजीलैंड के बीच टी-20 मैच के लिए आज शाम सात बजे से टिकट विंडो ओपन हो जाएगी। छत्तीसगढ़ स्टेट क्रिकेट संघ (CSCS) ने Ticketgenie को ऑफिशियल टिकटिंग पार्टनर नियुक्त किया गया है। CSCS ने आम जनता से अपील की है कि वे केवल आधिकारिक माध्यमों से जारी सूचना पर ही भरोसा करें और सोशल मीडिया या अन्य प्लेटफॉर्म पर चल रही भ्रामक व अपुष्ट जानकारियों से दूर रहें। वहीं मैच को लेकर तैयारियां अंतिम चरण में है। इस बार छत्तीसगढ़ क्रिकेट संघ किसी भी तरह की सुरक्षा चूक से बचने के लिए सख्त कदम उठा रहा है। संघ ने साफ किया है कि फर्स्ट इनिंग खत्म होने के बाद किसी भी दर्शक को स्टेडियम में एंट्री नहीं दी जाएगी। इसके साथ ही सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए 350 से ज्यादा प्राइवेट बाउंसर्स भी तैनात किए जाएंगे। इस दौरान क्रिकेट संघ के 45 अधिकारी सुरक्षा व्यवस्था के लिए मौजूद रहेंगे। 13 गेट पर लोहे की रेलिंग लगा दी गई है। खाने-पीने की चीजों पर भी सख्ती इस बार खाने-पीने के प्रोडक्ट्स को लेकर भी सख्त नियम लागू होंगे। पिछली बार भारत बनाम दक्षिण अफ्रीका मैच के दौरान स्टेडियम में खाने-पीने की चीजें महंगे दामों पर बिकने की शिकायतें सामने आई थीं, जहां 100 रुपए का एक चिप्स का पैकेट बेचा गया था। एंट्री गेट्स पर तिहरी निगरानी स्टेडियम के सभी एंट्री गेट्स पर पुलिस, प्राइवेट गार्ड्स और क्रिकेट संघ के कर्मचारियों की संयुक्त ड्यूटी लगाई जाएगी। जिससे किसी तरह का विवाद या अव्यवस्था न हो। इसके अलावा लास्ट ODI में 2 दर्शक रेलिंग जंप करते हुए मैदान के बीच खिलाड़ियों तक पहुंच गए थे। इस बार बाउंसर्स को बाउंड्री पर तैनात किया जाएगा, ताकि दर्शक दीर्घा से कोई जंप कर खिलाड़ियों तक न पहुंच पाएं। पिछले मैच में खिलाड़ियों के बीच पहुंचे थे दर्शक, देखिए तस्वीरें... CSCS ने बनाई 45 लोगों की टीम छत्तीसगढ़ स्टेट क्रिकेट संघ (CSCS) के अध्यक्ष विजय शाह ने बताया कि पिछली बार सुरक्षा को लेकर कुछ चूक हुई थी। BCCI ने भी इस पर संज्ञान लिया था। पूरी तरह से आश्वस्त किया गया है कि इस बार ऐसा कुछ नहीं होगा। CSCS ने 45 लोगों की टीम गठित की है। वे पुलिस प्रशासन के साथ स्टेडियम में मौजूद रहेंगे। अवैध एंट्री रोकने कड़े इंतजाम पिछले मैच में बिना टिकट दर्शकों की भीड़ स्टेडियम में कूदकर घुस गई थी, जिससे कई स्टैंड ओवरफ्लो हो गए थे। इस घटना से सबक लेते हुए इस बार 13 गेटों पर लोहे की रेलिंग लगाई जा रही है। मैच और टीमों का शेड्यूल भारत और न्यूजीलैंड के बीच टी-20 सीरीज का पहला मुकाबला 21 जनवरी को नागपुर में खेला जाएगा। इसके बाद दोनों टीमें 22 जनवरी को रायपुर पहुंचेंगी। जानकारी के मुताबिक, टीमें सुबह और दोपहर में रायपुर आएंगी और शाम को स्टेडियम में प्रैक्टिस सेशन में हिस्सा लेंगी। .............................. इससे संबंधित यह खबर भी पढ़िए... IND vs SA रायपुर वनडे में भारत की हार: फैन्स बोले-हारने का गम, कोहली के शतक की खुशी; मैच के दौरान ग्राउंड में घुसा युवक भारत और साउथ अफ्रीका के बीच दूसरा वनडे रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह स्टेडियम में खेला गया। विराट कोहली और ऋतुराज गायकवाड़ के शतकों की बदौलत भारत ने दूसरे वनडे में साउथ अफ्रीका को 359 रन का टारगेट दिया था। साउथ अफ्रीका के प्लेयर्स ने शानदार बैटिंग करते हुए आखिरी ओवर में जीत हासिल कर ली। पढ़ें पूरी खबर...
प्रतापगढ़ में बाल विवाह मुक्त रैली:जीरो माइल चौराहे से वुडलैंड पार्क तक निकाली गई
प्रतापगढ़ में बाल विवाह की कुप्रथा को समाप्त करने के उद्देश्य से एक जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। राज्य सरकार और जिला कलेक्टर के निर्देशों के तहत आयोजित यह रैली जीरो माइल चौराहे से शुरू होकर वुडलैंड पार्क तक निकाली गई। इसका मुख्य लक्ष्य बाल विवाह की रोकथाम का संदेश जन-जन तक पहुंचाना था। 100 दिवसीय विशेष अभियान का हिस्सा यह रैली भारत सरकार के 'बाल विवाह मुक्त भारत अभियान' के एक वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में देशभर में शुरू किए गए 100 दिवसीय विशेष अभियान का हिस्सा थी। प्रतापगढ़ में महिला अधिकारिता विभाग द्वारा इस जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की जानकारी सहायक निदेशक, महिला अधिकारिता विभाग, नेहा माथुर ने दी। रैली को एडीजे केदारनाथ ने जीरो माइल चौराहे पर हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि बाल विवाह न केवल कानूनी अपराध है, बल्कि यह बच्चों के भविष्य के साथ गंभीर अन्याय भी है। उन्होंने समाज के प्रत्येक व्यक्ति से इस सामाजिक बुराई के खिलाफ जागरूक होकर आगे आने का आह्वान किया। तख्तियों-बैनर से किया जागरुक इस रैली में महिला अधिकारिता विभाग के अधिकारी-कर्मचारी, विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता, छात्र-छात्राएं और बड़ी संख्या में आमजन शामिल हुए। प्रतिभागियों ने हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर बाल विवाह रोकथाम से संबंधित नारे लगाए और लोगों को जागरूक किया। कार्यक्रम के दौरान आमजन से अपील की गई कि यदि कहीं भी बाल विवाह की जानकारी मिले तो तुरंत संबंधित प्रशासन या हेल्पलाइन को सूचित करें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके। रैली के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि बाल विवाह मुक्त समाज ही एक सशक्त और विकसित भारत की नींव है।
हापुड़ की बाबूगढ़ पुलिस ने रात्रि चेकिंग के दौरान दो शातिर वाहन लुटेरों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से अवैध हथियार, जिंदा कारतूस, लूटी गई स्कूटी और चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। कोतवाली प्रभारी मुनीष प्रताप सिंह ने बताया कि पुलिस चैकिंग कर रही थी। तभी बाइक सवार 2 युवकों को रोका गया।। जिनकी पहचान उचित निवासी रसूलपुर, बाबूगढ़, हापुड़ और रौनक त्यागी निवासी बनखण्डा, बाबूगढ़, हापुड़) के रूप में हुई। तलाशी के दौरान, दोनों अभियुक्तों के पास से 315 बोर के दो तमंचे और दो जिंदा कारतूस मिले। इसके अतिरिक्त, 12 जनवरी 2026 को लूटी गई एक स्कूटी भी बरामद हुई। पूछताछ में अभियुक्तों ने 1 जनवरी 2026 को थाना बीबीनगर क्षेत्र से एक मोटरसाइकिल चोरी करने की बात भी स्वीकार की। इस संबंध में थाना बीबीनगर, बुलंदशहर में मुकदमा पंजीकृत है। पुलिस पकड़े गए बदमाश से पूछताछ कर रही है और उनकी अन्य आपराधिक गतिविधियों में संलिप्तता की भी जांच की जा रही है।
पंचायत भवन बनाने के लिए बिना सक्षम अधिकारी की अनुमति और अनुमत संख्या से ज्यादा पेड़ काटने को हाईकोर्ट ने गंभीर माना हैं। कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश एसपी शर्मा और जस्टिस संगीता शर्मा की खंडपीठ ने इसे लेकर तत्कालीन दौसा जिले के सिकराय एसडीएम और अन्य दोषी अधिकारियों पर 1-1 लाख रुपए का जुर्माना लगाया है। अदालत ने यह आदेश विमला देवी की जनहित याचिका को निस्तारित करते हुए दिए। अदालत ने कहा कि जुर्माना राशि पेड़ों की कटाई में शामिल संबंधित अधिकारियों से वसूली जाए। अदालत ने कहा कि सार्वजनिक उपयोग के लिए भवनों का निर्माण आवश्यक हो सकता है। लेकिन साथ ही, पारिस्थितिकी तंत्र और पर्यावरण को बनाए रखने के लिए स्थापित वृक्षों की रक्षा करना भी आवश्यक है।वास्तव में भवन निर्माण की योजना इस प्रकार बनाई जानी चाहिए कि मौजूदा वृक्षों को कोई नुकसान न पहुंचे। प्रशासन ने 25 की जगह काट दिए 150 पेड़ जनहित याचिका में कहा गया था कि ग्राम पंचायत पाटन का भवन बनाने के लिए तत्कालीन एसडीएम ने बिना अधिकार के पेड़ काटने की अनुमति दे दी। 17 बड़े और मध्यम आकार के पेड़ों और 8 छोटे पेड़ों को काटने की अनुमति दी गई थी, लेकिन 25 पेड़ों की अनुमत संख्या के बदले प्रशासन ने 150 से ज्यादा पेड़ काट दिए। वहीं सरकार की ओर से कहा गया कि पंचायत भवन के निर्माण के लिए पेड़ों की कटाई के बदले अलग से भूमि चिह्नित की गई थी और लगभग 500 पेड़ लगाए गए हैं। इस पर अदालत ने कहा- संबंधित एसडीएम ने वृक्षों की कटाई के लिए किसी भी प्राधिकरण से कोई अनुमति नहीं ली है। वहीं किसी अन्य स्थान पर पौधे लगाने की कार्रवाई, वृक्षों की बड़े पैमाने पर कटाई को उचित ठहराने का पर्याप्त आधार नहीं हो सकती हैं। पेड़ काटने वालों के खिलाफ होनी चाहिए कड़ी कार्रवाई अदालत ने कहा कि सरकार की तरफ से एक एफिडेविट पेश किया गया। जिसमें कहा गया था कि उन्होंने केवल 25 पेड़ काटे हैं। हालांकि, रिकॉर्ड में मौजूद दस्तावेजों से पता चलता है कि यह क्षेत्र घने वन वृक्षों से भरा हुआ था, जिन्हें अवैध रूप से काटा गया है। पेड़ों को काटने वाले संबंधित अधिकारियों के खिलाफ उचित अनुशासनात्मक कार्रवाई की जानी चाहिए थी। न केवल उस अधिकारी के खिलाफ जिसने पेड़ों को काटने का अवैध आदेश पारित किया, बल्कि उन समस्त अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए, जिन्होंने अवैध आदेश की पालना की है। पेड़ों के रखरखाव में काम ली जाए जुर्माना राशि अदालत ने कहा कि इस जनहित याचिका के दायर होने के बाद वर्तमान एसडीएम ने नए पौधे लगाने का प्रयास किया है, जो बड़े हो गए हैं और उनकी तस्वीरें भी हमारे सामने रखी गई है। जो दर्शाती है कि क्षेत्र को पुनर्जीवित करने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं। वर्तमान कार्रवाई की सराहना करते हुए हम आगे निर्देश देते हैं कि इन पौधों की समय-समय पर निगरानी की जाए और पौधों को भविष्य में मजबूत वृक्षों के रूप में विकसित होने के लिए संरक्षित किया जाए। वहीं जुर्माना राशि अब उग चुके इन पौधों के रखरखाव के लिए उपयोग में ली जाए। साथ ही इन पौधों की सुरक्षा के लिए वृक्ष रक्षक भी लगाए जाए।
अलवर में ठूमर थाना क्षेत्र की टीकरी पुलिस चौकी पर तैनात कॉन्स्टेबल शिवचरण डीएसपी कार्यालय के पास नशे में धुत पड़ा मिला। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस अधीक्षक सुधीर चौधरी ने निलंबित कर दिया गया। 13 जनवरी को स्थानीय लोगों ने कॉन्स्टेबल शिवचरण को सड़क पर बेसुध पड़ा देखा और पुलिस को सूचित किया। अलवर पुलिस अधीक्षक सुधीर चौधरी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कठूमर थानाधिकारी सुनील टॉक से तत्काल रिपोर्ट तलब की। जांच रिपोर्ट में कॉन्स्टेबल शिवचरण के शराब के नशे में होने की पुष्टि के बाद उनका मेडिकल परीक्षण कराया गया और उन्हें निलंबित कर दिया गया। उन्हें मुख्यालय अलवर पुलिस लाइन भेज दिया गया है। अब देखिए, घटना से जुड़ी 3 PHOTOS... छवि धूमिल करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगीपुलिस अधीक्षक सुधीर चौधरी ने कहा कि वीडियो वायरल होने के मामले को गंभीरता से लिया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी पुलिसकर्मी की लापरवाही, अनुशासनहीनता या भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि पुलिस विभाग की छवि धूमिल करने वाले कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
बंदी नंबर 8115/38, रायपुर सेंट्रल जेल में सजा काट रहे 25 साल के वासुदेव चौहान की पहचान कुछ दिनों पहले तक इन्हीं अंकों तक सीमित रह गई थी। लेकिन अब जेल एडमिनिस्ट्रेशन के लोग और बाकी बंदी उन्हें गीता-व्रती कहकर पुकारते हैं। सजा काट रहे अपने बाकी साथियों के लिए वासुदेव बानगी हैं। दरअसल, वासुदेव ने श्रीमद्भगवतगीता के सभी 18 अध्यायों के 700 श्लोक कंठस्थ कर लिए हैं। कठिन परीक्षा पास करने के बाद उन्हें गीता-व्रती की उपाधि दी गई है। वासुदेव छह राज्यों की जेल में 600 से अधिक बंदियों के बीच अकेले हैं, जिन्हें ये उपाधि मिली है। पिछले दो साल से वासुदेव गीता का पाठ कर रहे हैं। उनके साथ सेंट्रल जेल के 42 अन्य कैदी भी रोजाना गीता पाठ करते हैं। लेकिन सारे श्लोक कंठस्थ हो जाना वासुदेव के हिस्से में ही आया। उनके के लिए ये जर्नी आसान नहीं थी।वासुदेव से हमने बात कि उन्होंने बताया कम उम्र में वो गलत संगत में पड़ गए। 20 साल की कैद हुई, परिवार-दोस्त दूर हो गए इस बीच एक रेप केस में इन्वॉल्व हुए, ट्रायल चलने तक महासमुंद की जेल में बंद थे। जब जेल पहुंचे, परिवार वालों ने दूरी बना ली। कोई मिलने नहीं आता था। दोस्त जिनकी संगत में बिगड़े उन्होंने पूछा तक नहीं। कोर्ट ने 20 साल कैद की सजा सुनाई। सजा मिलने के बाद महासमुंद की जेल से दो साल पहले रायपुर सेंट्रल जेल में शिफ्ट हुए। छह साल की सजा पूरी हो चुकी है, 14 और साल जेल में ही काटने है। वासुदेव बताते हैं कि वो खुद के साथ दूसरों के लिए भी हीन हो चुके थे। जिंदगी समाप्त करने के बारे में सोचने लगे थे। लेकिन तभी एक दिन जेल प्रशासन ने बताया कि गीता की क्लास शुरू कर रहे हैं। अंधेरे और अकेलेपन के बीच गीता बनी सहारा जो कैदी चाहे, क्लास ले सकता है। वासुदेव को शुरुआत में दिलचस्पी नहीं थी। लेकिन जेल में दूसरा कोई विकल्प भी उन्हें नहीं दिख रहा था, रोज खुद के भीतर उठ रहे विचारों के मंथन को शांत करने उन्होंने गीता क्लास ज्वाइन कर ली। तब मोटिव सिर्फ इतना ही था कि खुद को किसी दूसरे काम में एंगेज रखा जाए। धीरे-धीरे चीजें बदलने लगी, गीता से वो कनेक्ट होने लगे। वासुदेव बताते हैं कि क्लास के बाद वो रोज तीन बार गीता ही पढ़ते। ये उन्हें शांत रखने लगा। जिस अकेलेपन और अंधेरे के चलते वो जिंदगी छोड़ना चाहते थे। वही जिंदगी अब उन्हें मीनिंगफुल लगने लगी। जेल में लोगों का व्यवहार बदला, अब परिवार वालों की फिक्र नहीं वासुदेव ने बताया कि जेल में भी उन्हें बाकी कैदी सम्मान की नजर से देखने लगे हैं। कोई मन-मुटाव या विवाद की स्थिति अब जेल के भीतर कैदियों में नहीं बनती। गीता-व्रती की उपाधि के बारे में उन्होंने अब अपने परिवार के किसी दोस्त को भी नहीं बताया है। कारण पूछने पर कहते हैं कि अब उन्हें इस बात से फर्क नहीं पड़ता कि उनके परिवार के किसी सदस्य या दोस्त को इसके बारे में मालूम है या नहीं। मुझे पहले की तरह गुस्सा और ग्लानि नहीं होती है। गीता परिवार की सहायता से पाठ करना सीख रहे कैदी जोकि गीता के सारे श्लोक संस्कृत में है, इन्हें पढ़ना और समझना वासुदेव और अन्य कैदियों के लिए आसान नहीं है। वासुदेव तो सिर्फ प्राइमरी तक ही पढ़े हैं। कभी संस्कृत पढ़े तक नहीं थे। ऐसे में गीता परिवार नाम की एक संस्था है, जो इन कैदियों के लिए ऑनलाइन क्लास चलाती हैं। ये संस्था इस समय देश के छह राज्यों की जेलों में 600 से अधिक कैदियों को गीता पाठ की ट्रेनिंग ऑनलाइन दे रही है। संस्था की सदस्या ने सीमा अरूण मिश्रा ने बताया कि वासुदेव से जब वो पहली बार मिली, उनकी नजरें झुकी हुई थी। सिर तक नहीं उठा पाता था। लेकिन अब उसके जीवन में सकारात्मक बदलाव हुए हैं। चार चरण की परीक्षा के बाद मिली गीता-व्रती की उपाधि सीमा ने बताया संस्था चार चरण की परीक्षा पास करने के बाद ही किसी पाठक को गीता-व्रती की उपाधि देती है। पहले चरण में गीता-जिज्ञासु की उपाधि मिलती है। ये उपाधि उनको मिलती है , जो गीता के तीन अध्याय कंठस्थ कर लेते हैं। 6 अध्याय के श्लोक याद करने पर गीता पाठक, 12 याद करने पर गीता पथिक और पूरे 18 अध्याय याद करने पर गीता-व्रती की उपाधि मिलती है। देश में वासुदेव पहले ऐसे कैदी हैं जिन्हें ये उपाधि संस्था ने दी है। साल 1986 में हुई थी गीता परिवार की स्थापना गीता परिवार की स्थापना 1986 में महाराष्ट्र के संगमनेर में की गई थी। इसकी स्थापना अयोध्या स्थित श्रीराम मंदिर ट्रस्ट के ट्रस्टी गोविंद देव गिरी महाराज ने की है। इसका उद्देश्य भारतीय संस्कृति और भगवद गीता की शिक्षा का प्रसार है। इस समय यह संस्था विश्व के 180 देशों और भारत के 9 राज्यों सक्रिय है। 19 भाषाओं में गीता का प्रसार अब तक किया जा रहा है।
सांड़ ने युवक पर किया हमला वीडियो वायरल:सीसीटीवी आया सामने, बाल-बाल बचा व्यक्ति
मेरठ में एक युवक पर सांड ने हमला कर दिया। गनीमत रही कि इस हमले में युवक बाल-बाल बच गया। इसका 10 सेकेंड से ज्यादा का एक सीसीटीवी फुटेज सामने आया है। वीडियो मेरठ में कहां का है, ये अभी तक जानकारी नहीं हो सकी है। वीडियो में सांड युवक पर हमला करता दिख रहा है। अब यही क्लिप सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। हालांकि हमले में युवक बच गया, उसे कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ है।
हरदोई में गुरुवार, 15 जनवरी को न्यूनतम तापमान 3.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जिसने पिछले 13 वर्षों का रिकॉर्ड तोड़ दिया। मौसम विभाग के अनुसार, जनवरी महीने में यह सबसे कम तापमान है। इससे पहले 8 जनवरी 2013 को न्यूनतम तापमान 2.3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया था। गुरुवार सुबह शहर घने कोहरे की चपेट में रहा। सुबह 7:00 से 8:30 बजे के बीच दृश्यता शून्य से 50 मीटर तक रही, जिससे सड़कों पर वाहनों की आवाजाही धीमी हो गई। कड़ाके की ठंड और गलन के कारण लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। बुधवार को न्यूनतम तापमान 4.2 डिग्री सेल्सियस था, जिसमें गुरुवार को और गिरावट दर्ज की गई। 3 तस्वीरें देखिए... मौसम वेधशाला के प्रेक्षक आरसी वर्मा ने बताया कि सुबह करीब 10 बजे कोहरा छंटने के बाद धूप निकली, जिससे लोगों को आंशिक राहत मिली। दोपहर में लोग पार्कों और छतों पर धूप सेंकते देखे गए। हालांकि, 4 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से चल रही ठंडी पश्चिमी हवाओं के कारण शीतलहर का प्रभाव दिनभर बना रहा। मौसम विभाग ने आगामी दिनों में ठंड और गलन बढ़ने की चेतावनी जारी की है। प्रशासन ने नागरिकों को ठंड से बचाव के उपाय करने और सतर्क रहने की सलाह दी है।
यूपीएससी और एमपी पीएससी की तैयारी कर रहे आदिवासी छात्र-छात्राओं के लिए जबलपुर में अत्याधुनिक छात्रावास बनाया जाएगा। इस पर सरकार 18 से 20 करोड़ रुपए खर्च करेगी। यह बात जनजातीय कार्य मंत्री विजय शाह ने गुरुवार को कही। शाह जबलपुर के दौरे पर हैं। उन्होंने आदिवासी छात्रावासों से संबंधित समस्याओं और नई योजनाओं पर भी बात की। शाह ने कहा कि इस छात्रावास में 200 सीटें होंगी। इनमें से 100 सीट बालकों और 100 बालिकाओं के लिए आरक्षित रहेंगी। छात्रावास के लिए भूमि चयन की प्रक्रिया जल्द ही पूरी कर ली जाएगी। जब तक स्थायी छात्रावास नहीं बन जाता, तब तक निजी स्थानों पर यूपीएससी और पीएससी की तैयारी शुरू करवाई जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस छात्रावास में रहने, पढ़ाई और अन्य सभी सुविधाओं का पूरा खर्च सरकार उठाएगी। जेईई, क्लेट और नीट के लिए भी सहयोग मिलेगा मंत्री ने घोषणा की कि आदिवासी छात्र-छात्राओं को अब केवल यूपीएससी-एमपी पीएससी ही नहीं, जेईई, क्लेट और नीट जैसी अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए भी जनजातीय कार्य विभाग सहयोग देगा। प्रदेश में पांच हजार छात्रावास शाह ने बताया कि अभी प्रदेश में लगभग 5000 आदिवासी छात्रावास संचालित हैं, जहां आदिवासी शिक्षक अपनी सेवाएं दे रहे हैं। अगले 4 से 5 वर्षों में सभी छात्रावासों में अधीक्षक और अधीक्षिकाओं की नियमित भर्ती की जाएगी, ताकि छात्रों को बेहतर सुविधाएं मिल सके। उन्होंने यह भी बताया कि जबलपुर के कुण्डम और माड़ोताल क्षेत्रों में आदिवासी छात्रावासों के निर्माण के लिए 4 करोड़ 9 लाख रुपए की स्वीकृति दी जा चुकी है। इन छात्रावासों में भी प्रत्येक में 100-100 छात्र-छात्राओं को आवासीय सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
अंबेडकरनगर के अकबरपुर थाना क्षेत्र में बुधवार बीती रात चोरों ने चार घरों को निशाना बनाया। मेंदीपुर और रौतापुर गांवों में हुई इन वारदातों में चोर करीब 8 लाख रुपये नकद और जेवर लेकर फरार हो गए। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। रौतापुर गांव में ग्राम प्रधान राम अकबाल के घर में चोर छत के रास्ते घुसे। उन्होंने परिवार के सदस्यों को एक कमरे में बंद कर दिया। इसके बाद, चोरों ने दूसरे कमरे का दरवाजा और अलमारी का ताला तोड़कर लगभग 50 हजार रुपये नकद, सोने की चेन, चार अंगूठियां, सोने की पायल और झुमके सहित करीब पांच लाख रुपये के जेवर चुरा लिए। इसी तरह मेंदीपुर गांव में राजेश यादव, जगराम यादव और रामकरन यादव के घरों में भी छत के रास्ते घुसकर चोरों ने नकदी और लाखों के जेवर पर हाथ साफ किया। सुबह जब परिजन सोकर उठे तो घर का सामान बिखरा देखकर उन्हें चोरी का पता चला। उन्होंने तत्काल पुलिस को सूचना दी। पीड़ितों ने अकबरपुर थाने में चोरी की तहरीर भी दी है। अकबरपुर के प्रभारी निरीक्षक श्री निवास पांडेय ने बताया कि पुलिस मौके पर पहुंचकर मामले की गहनता से जांच-पड़ताल कर रही है।
मथुरा के वृंदावन में स्थित स्पोर्ट ग्राउंड की बदहाली और उसमें लगाए जा रहे अस्थाई बाजार से खिलाड़ियों में आक्रोश है। खेल के मैदान में लगने वाले बाजार को लेकर खिलाड़ियों ने विरोध में नगर निगम के वृंदावन जोन कार्यालय में क्रिकेट खेली और प्रदर्शन किया। खिलाड़ियों का कहना है कि नगर निगम ने खेलने के मैदान को आय का जरिए बना दिया है। हजारीमल सोमानी इंटर कॉलेज का है मैदान वृंदावन में हजारी मल सोमानी नगर निगम इंटर कॉलेज का खेल मैदान है। इस मैदान पर सैकड़ों बच्चे प्रतिदिन खेलते हैं। 2017 से पहले यहां कई बड़े टूर्नामेंट भी हो चुके हैं। शहर के एक मात्र खेल मैदान की नगर निगम बनने के बाद दयनीय स्थिति होती चली गई। जिसकी बजह से खेल प्रतिभाओं को अपनी प्रतिभा निखारने का मौका नहीं मिल पाता। बुधवार को लगता है अस्थाई बाजार इस ग्राउंड पर प्रत्येक बुधवार को अस्थाई बाजार लगाया जाता है। इसके अलावा दिवाली पर खेल मैदान में आतिशबाजी का बाजार लगवाया गया। जिसकी बजह से मैदान की स्थिति खराब हो गई और यहां खेलने लायक जगह नहीं बची। इसको लेकर खिलाड़ियों में आक्रोश पनप गया और उन्होंने नगर निगम कार्यालय में प्रदर्शन किया। वृंदावन जोन कार्यालय में खेली क्रिकेट ग्राउंड की हालत खराब होने पर खिलाड़ी आक्रोशित हो गए। जिसके बाद वह नगर निगम के वृंदावन जोन कार्यालय पहुंच गए और वहां क्रिकेट खेलकर अपने आक्रोश का इजहार करने लगे। क्रिकेट खेलने के दौरान खिलाड़ियों ने नगर निगम शेम के नारे भी लगाए। न लगे बुध बाजार आक्रोशित खिलाड़ियों का कहना है कि एक तरफ तो नगर निगम मैदान के सौंदर्यीकरण और ग्राउंड स्टेडियम के लिए 5 करोड़ रुपए आवंटित कर दिए हैं। दूसरी तरफ मैदान पर बुध बाजार, विभिन्न धार्मिक आयोजन, रिक्शा पार्किंग, कुश्ती दंगल तो कभी दिवाली पर पटाखा बाजार आदि से युवा खिलाड़ियों के साथ धोखा किया जा रहा है। साथ ही कहा कि 16 जनवरी से हमारे वार्षिक क्रिकेट टूर्नामेंट का आयोजन है। नगर निगम से अनुरोध है कि इस ग्राउंड पर आगे बुध बाजार न लगे तथा अन्य कोई आयोजन भी न हों। टूर्नामेंट हेतु 15 जनवरी को ग्राउंड पर साफ सफाई व टैंकर से छिड़काव की व्यवस्था की जाए। यह रहे मौजूद खिलाड़ी भरत शर्मा ने कहा कि अगर इस प्रकार के आयोजनों से ग्राउंड को नुकसान पहुंचाया गया तो उग्र आंदोलन किया जाएगा। विरोध प्रदर्शन करने वालों में भारत शर्मा, योगेंद्र तिवारी, शरीफ कुरैशी, सूरज सिंह, अमित दास, सुजाय मंडल, श्याम शर्मा, गिरधर शर्मा, रिंकू, फारुख आदि शामिल थे। अंतर्राष्ट्रीय खिलाड़ी खेल चुके हैं इस मैदान पर वृंदावन के हजारीमल सोमानी नगर निगम इंटर कॉलेज के मैदान पर कई नामचीन क्रिकेटर खेल चुके हैं। इस मैदान पर भारतीय ही नहीं बल्कि विदेशी खिलाड़ी भी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर चुके हैं। यहां श्री लंका के जयसूर्या,कालू वितरणा,सुरेश रैना,मोहम्मद कैफ,राजेश चौहान,आर पी सिंह जैसे नामचीन खिलाड़ी यहां हुए टूर्नामेंट में खेल चुके हैं।
जींद के जुलाना कस्बे की लेबर शेड में भवन निर्माण कामगार यूनियन की बैठक का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता मजदूर नेता सुभाष पांचाल ने की। इस दौरान मजदूरों ने लेबर विभाग की वेबसाइट के लंबे समय से बंद होने को लेकर सरकार के खिलाफ रोष जताया। बैठक को संबोधित करते हुए मजदूर नेता सुभाष पांचाल ने बताया कि जांच के नाम पर लेबर विभाग की वेबसाइट बंद होने से पंजीकृत भवन निर्माण कामगारों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसकी वजह से मजदूरों को सरकार की ओर से मिलने वाले लाभों जैसे छात्रवृत्ति, शादी सहायता, चिकित्सा सहायता और औजार सहायता जैसी सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है। सुभाष पांचाल ने आरोप लगाया कि लेबर विभाग की लापरवाही और उदासीन रवैये के कारण मजदूर आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं। उनके बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है और परिवारों के लिए रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करना भी मुश्किल हो गया है। उन्होंने कहा कि सरकार मजदूरों के हितों की बात करती है, लेकिन जमीनी स्तर पर उनकी समस्याओं की अनदेखी की जा रही है। बैठक में मौजूद मजदूरों ने सरकार से मांग की कि लेबर विभाग की साइट को जल्द से जल्द शुरू किया जाए, ताकि उन्हें उनका हक मिल सके। साथ ही, लंबित लाभों का शीघ्र भुगतान करने और भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न बने, इसके लिए स्थायी समाधान की मांग की। इस दौरान मजदूरों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी प्रकट कर रोष जताया। मजदूर नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द ध्यान नहीं दिया गया, तो वे आंदोलन तेज करने पर मजबूर होंगे। मौके पर कामरेड सुल्तान जांगड़ा, दीनदयाल, दलबीर, गुलाब समेत अन्य मजदूर नेता मौजूद रहे।
मकर संक्रांति के पावन पर्व पर रोटरी क्लब मेरठ द्वारा 15 जनवरी, गुरुवार को छत्रपति शिवाजी स्मारक, बेगम पुल स्थित जीरो माइलस्टोन पर खिचड़ी वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। क्लब के सदस्यों ने सेवा भाव से बड़ी संख्या में जरूरतमंद लोगों को खिचड़ी वितरित की। रोटरी क्लब के अध्यक्ष रो. पंकज कंसल ने कहा कि रोटरी क्लब हमेशा समाज के उत्थान के लिए कार्य करता रहा है। चाहे बच्चों की शिक्षा हो, हेल्थ से जुड़े कार्यक्रम हों या कन्या विवाह—हर क्षेत्र में क्लब सेवा के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि मकर संक्रांति पर पुलाव,ताहरी वितरण की परंपरा निभाई जाती है, जिसमें चावल, मटर, हरी सब्ज़ी और देसी घी का उपयोग कर स्वादिष्ट ताहरी तैयार कर वितरित की गई। सदस्यों ने कहा की कार्यक्रम का उद्देश्य मकर संक्रांति जैसे पावन पर्व पर समाज के कमजोर वर्गों के साथ खुशियाँ साझा करना एवं मानव सेवा के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा। कार्यक्रम को सफल बनाने में रो एस. रविचंद्रन, पीपी रो मनोज बाजपेई, पीपी रो डॉ. सतीश चंद्र शर्मा, एन रेनू कंसल, एन कुसुम बंसल, एन वसंती रविचंद्रन, रो प्रियंका सिंघल, रो कल्पना बाजपेई आदि सदस्यों का सहयोग रहा।रोटरी क्लब मेरठ भविष्य में भी समाज सेवा एवं जनकल्याण के कार्यों को निरंतर जारी रखने के लिए प्रतिबद्ध है।
9 दिनों में 20 की जान लेने वाला दंतैल हाथी अब ओडिशा में ट्रैक हुआ है। यह दंतैल हाथी 9 जनवरी को झारखंड के मझगांव प्रखंड के खड़पोस पंचायत बेनीसागर में तीन की जान लेने के बाद ट्रैक आउट हो गया था। अब पांचवें दिन ओडिशा के मयूरभंज जिले के रंरूआ डिवीजन के बांकिया गांव में दिखा है। वहां से केशरीकुंड एरिया में लोकेट हुआ है। हालांकि अब यह हाथी शांत दिख रहा है। यह एरिया झारखंड बॉर्डर से 20-25 किमी के दायरे में है। ऐसे में दोनों राज्यों की वन विभाग की टीम व एक्सपर्ट को-ऑर्डिनेट कर ऑपरेशन चला रहे हैं। एक्सपर्ट अब मझगांव से जगन्नाथपुर प्रखंड जैंतगढ़ इलाके में कैंप कर रहे हैं ड्रोन व अन्य माध्यम से निगरानी रखे हुए हैं। झारखंड के बॉर्डर पर कैंप कर रहे असम, गुजरात व वन विभाग के एक्सपर्ट अब मझगांव से जगन्नाथपुर प्रखंड जैंतगढ़ इलाके में कैंप कर रहे हैं। उनका मामना है कि दंतैल हाथी का मूवमेंट झारखंड की ओर है। वन विभाग बॉर्डर इलाके में पेट्रोलिंग कर रहा है। वन विभाग 9 जनवरी से ही ट्रैंकुलाइज करनेके लिए हाथी को खोज रहा है। 9 जनवरी तक हाथी ने 20 की जान ले ली थी। उसके बाद वन विभाग झारखंड सरकार ने ट्रैंकुलाइज एक्सपर्ट ओडिशा व गुजरात से मंगाया है। हाथी ओडिशा में ट्रैक हुआ है, बॉर्डर पर नजरपिछले आठ दिनों से चल रहे ऑपरेशन दंतैल के ऑपरेशन हेड महाराष्ट्र कैडर के ट्रेनी आईएफएस प्रशांत विभास्कर लीडकर रहे हैं। वे लगातार कई दिनों से हाथी की गतिविधियों पर नजर रख रहे हैं। उन्होंने बताया कि दंतैल हाथी के ओडिशा में होने की सूचना है। हमारी ओडिशा के वन विभाग की टीम से भी लगातार बातचीत हो रही है। आपसी समन्वय स्थापित किए हुए हैं। दंतैल हाथी का सटीक लोकेशन अब तक पता नहीं चल पाया है। वह लगातार मूवमेंट कर रहा है। झारखंड की ओर आएगा या नहीं के सवाल पर कहा - यह कहा नहीं जा सकता है, लेकिन दंतैल हाथी की स्थिति को देखते हुए झारखंड बॉर्डर पर आने की संभावना है। हाथी बार-बार लोकेशन चेंज कर रहा है, जिसके मद्देनजर हम लोगों ने सारे जगह रेस्क्यू टीम को तैनात कर उसे ट्रैंकुलाइजर करने के लिए तैयार किया हुआ है। ओड़िशा और झारखंड की टीम भी इस पर लगी हुई है। दोनों टीम को-ऑर्डिनेशन बना कर काम कर रही है। ग्रामीणों को भी सतर्क किया गया है।
बूंदी में भारतीय थल सेना दिवस के अवसर पर देशभक्ति की भावना से ओत-प्रोत एक विशेष कार्यक्रम हुआ। इस दौरान युवा मैराथन धावक गोविंद प्रजापत के नेतृत्व में हर कदम देश के नाम शीर्षक से 15 किलोमीटर की देशभक्ति दौड़ आयोजित की गई। खेल संकुल, बूंदी से ब्रिगेडियर भूपेश सिंह हाड़ा (शौर्य चक्र, विशिष्ट सेवा पदक) ने तिरंगा झंडा दिखाकर दौड़ को फ्लैग ऑफ किया। इस दौड़ का मुख्य उद्देश्य भारतीय सेना के अदम्य साहस, त्याग और समर्पण को नमन करना और युवाओं में राष्ट्रसेवा की भावना को प्रोत्साहित करना था। कार्यक्रम के दौरान युवाओं ने भारत माता की जय और जय जवान जय हिंद जैसे नारों से वातावरण को देशभक्ति के रंग में रंग दिया। युवाओं से सेना से जुड़ने का आह्वान ब्रिगेडियर हाड़ा ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि देश की वास्तविक शक्ति उसका युवा वर्ग है। उन्होंने जोर दिया कि जब युवा शारीरिक और मानसिक रूप से सक्षम तथा अनुशासित होते हैं, तभी राष्ट्र सशक्त बनता है। उन्होंने यह भी बताया कि भारतीय सेना केवल रोजगार ही नहीं देती, बल्कि युवाओं को कुशल, प्रशिक्षित और जिम्मेदार नागरिक बनाकर राष्ट्रसेवा का अवसर प्रदान करती है। ब्रिगेडियर हाड़ा ने युवाओं से सेना से जुड़ने का आह्वान भी किया। 50 से ज्यादा युवाओं ने दौड़ में लिया भागइस प्रेरणादायक आयोजन में शहर के 50 से अधिक युवाओं ने अपनी क्षमतानुसार भाग लिया। कुछ युवाओं ने 1 किलोमीटर, कुछ ने 2 किलोमीटर, जबकि कई युवाओं ने पूरी 15 किलोमीटर की दौड़ पूर्ण कर सैनिकों के सम्मान में अपना योगदान दिया। खेलकूद विकास समिति के अध्यक्ष शक्ति तोषनीवाल, सचिव दीपक गुर्जर और हिमांशु हाड़ा ने भी दौड़ में सहभागिता निभाई। फिजिकल कोच घनश्याम गुर्जर, अध्यापक पंकज पारिक और कमांडो विजय हाड़ा सहित अनेक युवाओं की सक्रिय भागीदारी रही। प्रतिभागियों ने संदेश दिया कि यह दौड़ सेना के जवानों के त्याग और बलिदान को नमन करने के लिए आयोजित की गई, जो हर कठिन परिस्थिति में देश की रक्षा करते हैं।
पत्नी की हत्या के आरोप में पति गिरफ्तार:5 दिन पहले फंदे पर लटका मिला था शव, मासूम ने दी थी गवाही
मैनपुरी के कुरावली थाना क्षेत्र में एक विवाहिता की संदिग्ध मौत के मामले में पुलिस ने उसके पति को गिरफ्तार कर लिया है। यह कार्रवाई घटना के पांच दिन बाद की गई है। आरोपी को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है। ग्राम सिरसा निवासी पूनम (पत्नी शिवा पुत्र रसकलाल) का शव बीते शुक्रवार को घर के कमरे में फांसी के फंदे पर लटका मिला था। परिजन उसे तत्काल कुरावली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। शुरुआती तौर पर इसे आत्महत्या का मामला बताया गया था। हालांकि, घटना के बाद मायका पक्ष ने ससुरालियों पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने थाने पहुंचकर कहा कि पूनम की गला दबाकर हत्या की गई और फिर उसे फांसी पर लटका दिया गया। पूनम की शादी करीब 10 साल पहले शिवा पुत्र रसकलाल से हुई थी और उनके दो बच्चे हैं। परिजनों के अनुसार, पति-पत्नी के बीच अक्सर विवाद होता रहता था। इस मामले ने तब गंभीर मोड़ ले लिया जब मृतिका के बेटे का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। इस वीडियो में बच्चे ने रोते हुए आरोप लगाया कि उसके पिता शिवा ने उसकी मां का गला दबाकर मार डाला और फिर उसे फंदे पर लटका दिया। इस वीडियो के सामने आने के बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी। पुलिस ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट, परिजनों की तहरीर, वायरल वीडियो और अन्य साक्ष्यों के आधार पर गहन जांच की। घटना के पांच दिन बाद कुरावली पुलिस ने आरोपी पति शिवा पुत्र रसकलाल को गिरफ्तार कर लिया।
बालोतरा नगर परिषद शहर में सार्वजनिक सुरक्षा, यातायात व्यवस्था और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से निराश्रित एवं बेसहारा पशुओं को शेल्टर हाउस भेजने के लिए अभियान चला रहा है। इस अभियान के तहत अब तक 153 पशुओं को नंदीशाला भेजा जा चुका है। नगर परिषद आयुक्त रामकिशोर मेहता ने बताया कि यदि पशुपालकों के पशु सार्वजनिक स्थानों पर पाए गए तो उनपर 5000 का जुर्माना लगाया जाएगा। अभियान पुलिस और प्रशासन के सहयोग से नियमित रूप से चलाया जा रहा है। टीम द्वारा नगर के प्रमुख मार्गों, चौराहों, बाजार क्षेत्रों, शैक्षणिक संस्थानों और दुर्घटना संभावित स्थानों से निराश्रित पशुओं को हटाया जा रहा है। आयुक्त ने सभी नगरवासियों से अपील की है कि वे इस अभियान में प्रशासन का सहयोग करें और किसी भी निराश्रित या बेसहारा पशु की सूचना तुरंत नगर परिषद कार्यालय को दें। नगर परिषद ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान निरंतर, सघन और कठोर रूप से जारी रहेगा।
थाईलैंड की क्वीन चखुन सिनीनात वांगवजीरापकडी 28 जनवरी को कुशीनगर पहुंचेंगी। वह अपने देश के 70 सदस्यीय दल के साथ दो दिवसीय धार्मिक यात्रा पर आ रही हैं। क्वीन यहां भगवान बुद्ध के महापरिनिर्वाण का दर्शन करेंगी। यह उनकी पहली कुशीनगर यात्रा होगी। क्वीन दो दिन थाई मोनास्ट्री में रुकेंगी। अपनी यात्रा के पहले दिन, 28 जनवरी को, वह थाई बुद्धिस्ट मोनास्ट्री परिसर स्थित उपोसथ हॉल, थाई चैत्य और नौवें राम महाराजा भूमिबोल अदुल्यदेज की प्रतिमा के समक्ष पूजा करेंगी। दूसरे दिन, 29 जनवरी को, क्वीन महापरिनिर्वाण बुद्ध मंदिर जाएंगी। यहां वह बुद्ध की लेटी प्रतिमा पर चीवर चढ़ाकर विश्व शांति और भारत-थाईलैंड के मैत्रीपूर्ण संबंधों को मजबूत करने के लिए विशेष पूजा करेंगी। इसके बाद, वह रामाभार स्तूप का पूजन करेंगी। दोपहर के भोजन के बाद, वह लुंबिनी (नेपाल) के लिए प्रस्थान करेंगी। यह जानकारी थाई मोनास्ट्री के मोंक इन चीफ फ्रा सोमपोंग ने पत्रकारों को दी। उन्होंने बताया कि क्वीन 21 जनवरी को बैंकॉक से विशेष चार्टर प्लेन द्वारा गया पहुंचेंगी। 22 जनवरी को वह राजगीर और नालंदा का भ्रमण करेंगी, जिसके बाद 23 जनवरी को बोधगया पहुंचेंगी। बोधगया में, क्वीन 25 जनवरी को 'धम्मानापावांग' नामक एक धार्मिक कार्यक्रम का उद्घाटन करेंगी, जिसमें भारत सहित अंतरराष्ट्रीय बौद्ध भिक्षु शामिल होंगे। 26 जनवरी को वह अपना जन्मदिन समारोह आयोजित करेंगी। 27 जनवरी को, क्वीन कार द्वारा सारनाथ पहुंचेंगी और धमेख स्तूप की विशेष पूजा करेंगी। 28 जनवरी को वह कार से कुशीनगर आएंगी और विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों में भाग लेंगी। 29 जनवरी को दोपहर के भोजन के बाद, वह कार द्वारा लुंबिनी जाएंगी, जहां से अपने विशेष चार्टर प्लेन से बैंकॉक के लिए रवाना हो जाएंगी।
विदिशा में गुरुवार को मकर संक्रांति का पर्व श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। कड़ाके की ठंड के बावजूद बड़ी संख्या में श्रद्धालु बेतवा नदी के घाटों पर पवित्र स्नान के लिए पहुंचे। शहर के प्रमुख घाटों, जिनमें बड़वाले घाट, चरण तीर्थ घाट, बहराबाबा घाट, हनुमान घाट और बाढ़ वाले गणेश मंदिर घाट शामिल हैं, पर सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रही। सुबह 9 बजे के बाद घाटों पर भीड़ और बढ़ गई। श्रद्धालुओं ने पवित्र स्नान के साथ-साथ दान-पुण्य भी किया। घाटों पर बैठे जरूरतमंदों को लोगों ने अपनी सामर्थ्य के अनुसार पैसे, खिचड़ी, तिल, गुड़, कपड़े और अनाज का दान किया। श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन द्वारा पुख्ता इंतजाम किए गए थे। विभिन्न घाटों पर होमगार्ड के जवानों के साथ गोताखोरों को भी तैनात किया गया था, ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मकर संक्रांति के दिन पवित्र नदी में स्नान और दान-पुण्य करने से मोक्ष की प्राप्ति होती है। इसी आस्था के चलते हर वर्ष इस पर्व पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु घाटों पर पहुंचते हैं। पंडितों के अनुसार, मकर संक्रांति हिंदू धर्म का एक अत्यंत पावन पर्व है। इस वर्ष यह पर्व 15 जनवरी को मनाया गया। इस दिन सूर्य मकर राशि में प्रवेश कर उत्तरायण होते हैं, जिसे देवताओं का काल माना गया है। मान्यता है कि मकर संक्रांति के दिन पवित्र नदी में स्नान और दान करने से सभी पापों का प्रायश्चित होता है। यदि यह स्नान-दान शुभ या अबूझ मुहूर्त में किया जाए, तो इसका पुण्यफल और अधिक बढ़ जाता है।
जालौन में परिजनों की असहमति के बावजूद एक प्रेमी युगल ने शादी कर ली। यह विवाह पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में संपन्न हुआ। ग्राम जनतापुरा कोटा मुश्तकिल निवासी 20 वर्षीय अनीशा देवी पुत्री शिवशंकर निषाद और विजवाहा निवासी विकास निषाद पुत्र यादराम कई सालों से प्रेम संबंध में थे। दोनों विवाह करना चाहते थे, लेकिन लड़की के परिजन इस रिश्ते के लिए तैयार नहीं थे। अनीशा ने आरोप लगाया कि प्रेम संबंधों के कारण उसके पिता द्वारा उसके साथ मारपीट की जाती थी। पारिवारिक प्रताड़ना से परेशान होकर अनीशा ने दो बार आत्महत्या का प्रयास भी किया था। परिजनों ने उसे घर से बाहर निकाल दिया था। पहले 2 तस्वीरें देखिए... इसके बाद अनीशा अपने प्रेमी विकास के साथ थाना कुठौंद पहुंची और थाना प्रभारी निरीक्षक अजय पाठक से मदद मांगी। मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना प्रभारी निरीक्षक अजय पाठक ने तत्काल उपजिलाधिकारी (एसडीएम) जालौन और क्षेत्राधिकारी (सीओ) जालौन को सूचना दी। दोनों के बयान दर्ज किए गएअनीशा को एसडीएम जालौन के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहां उसके स्वतंत्र और स्वेच्छिक बयान दर्ज किए गए। बयान में अनीशा ने विकास के साथ विवाह कर जीवन बिताने की स्पष्ट इच्छा व्यक्त की। सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद, अनीशा और विकास की शादी जालौन देवी मंदिर में संपन्न कराई गई। मंदिर परिसर में दोनों ने एक-दूसरे के साथ जीवनभर साथ निभाने की कसमें खाईं। इस दौरान पुलिस प्रशासन के अधिकारी भी मौजूद रहे ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति को टाला जा सके।
सिंगरौली जिले के सरई नगर परिषद का एक फायर ब्रिगेड वाहन गुरुवार को अनियंत्रित होकर पलट गया। यह घटना सरई इलाके में हुई, जिसमें किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई, लेकिन दमकल वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि वाहन चला रहा कर्मचारी दिनेश साकेत शराब के नशे में था, जिसके कारण वह वाहन पर नियंत्रण नहीं रख पाया और दुर्घटना हो गई। घटना की सूचना मिलते ही नगर परिषद और प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंचे। नगर परिषद के मुख्य नगर अधिकारी (सीएमओ) सुरेंद्र सिंह ने बताया कि मकर संक्रांति मेले के लिए दमकल वाहन को सरई क्षेत्र में तैनात किया जाना था। ड्यूटी पर जाते समय रास्ते में सामने से एक स्कूल वाहन आ गया। स्कूल वाहन को बचाने के प्रयास में फायर ब्रिगेड अनियंत्रित हो गया और सड़क किनारे लगे खंभे से टकराकर पलट गया। सीएमओ ने स्पष्ट किया कि दिनेश साकेत नगर परिषद का कर्मचारी है, लेकिन वह नियमित वाहन चालक नहीं है, बल्कि बिजली विभाग में कार्यरत है। उन्होंने कहा कि नशे में ड्राइविंग के आरोपों की गंभीरता से जांच की जाएगी। जांच के बाद ही हादसे की वास्तविक वजह स्पष्ट हो पाएगी और नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
फरीदाबाद जिले के थाना सदर बल्लभगढ़ क्षेत्र अंतर्गत आईएमटी चौकी के पास गांव मुझेडी से जुड़ा एक आपसी रंजिश का मामला सामने आया है। जहां आईएमटी गेट के नजदीक स्थित इंग्लिश वाइन शॉप पर शुरू हुआ विवाद देर रात एक युवक के घर तक पहुंच गया, जहां आरोपियों ने हवाई फायरिंग कर दहशत फैला दी। हालांकि इस घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। बता दे कि गांव मुझेडी के रहने वाले दो पक्षों के बीच वर्ष 2014 में डीजे के काम को लेकर आपसी रंजिश चली आ रही है। इसी रंजिश के चलते 13 जनवरी को शाम 7:30 बजे आईएमटी इंग्लिश वाइन शॉप पर शराब पीने के दौरान रोहित और गौरव के बीच पुरानी बात को लेकर कहासुनी हो गई। शराब पीने के दौरान बहस बता दे कि उस समय मामला शांत हो गया। इसके बाद बुधवार रात 8 बजे दोनों युवक एक बार फिर उसी इंग्लिश वाइन शॉप पर शराब पीने पहुंचे, जहां दोबारा बहस हुई। बहस के बाद दोनों शांत होकर अपने-अपने घर चले गए, लेकिन मामला यहीं खत्म नहीं हुआ, कुछ समय बाद गौरव अपने साथी संजय के साथ दोबारा रोहित के घर पहुंचा। घर पर की फायरिंग उस समय रोहित अपने घर पर अपने परिवार और रिश्तेदारों के साथ बैठा हुआ था। इसी दौरान गौरव ने रोहित को गली में चिल्लाते हुए उसके घर पहुंचा और गाली गलौज करते हुए चार राउंड हवाई फायरिंग कर दी। वहीं धमकी देते हुए दोनों वहां से फरार हो गए। हवाई फायरिंग के दौरान रोहित अपने परिवार वालों के साथ घर के अंदर चला गया। गोली के खोल बरामद जिसके बाद पुलिस को रोहित ने सूचना दी, सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मौके से दो खाली कारतूस के खोल बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार इस फायरिंग में कोई घायल नहीं हुआ है। घटनास्थल पर CIA और बीपीटीपी थाना पुलिस की टीम भी पहुंची और हालात का जायजा लिया। मौके पर पहुंची पुलिस गोली के खोल बरामद कर जांच में जुट गईं है।
गोरखपुर महोत्सव का मोस्ट अवेटेड प्रोग्राम डॉग की शुरुआत हो चुकी है। चंपा देवी पार्क में देश के कोने-कोने से अपने डॉग को लेकर लोग पहुंच रहे हैं। यहां कुछ चुनिंदा ब्रीड अपना करतब दिखा कर लोगों को एंटरटेन करेंगे। दर्शकों में अभी से ही जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है। सैड़कों की संख्या में लोगों की भीड़ लगनी शुरू हो गई है।
पाली घाट पहुंचे खंडार विधायक जितेंद्र गोठवाल ने गुरुवार को चंबल घड़ियाल रियरिंग सेंटर का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने घड़ियालों के संरक्षण, पालन-पोषण, सुरक्षा इंतजामों और प्राकृतिक वातावरण बनाए रखने के लिए किए जा रहे प्रयासों की विस्तार से समीक्षा की। विधायक ने अधिकारियों से व्यवस्थाओं की पूरी जानकारी ली और मौके पर मौजूद स्टाफ से भी बातचीत कर जमीनी हालात का जायजा लिया। चंबल नदी घड़ियालों का प्राकृतिक घर, संरक्षण सर्वोच्च प्राथमिकता – गोठवाल निरीक्षण के दौरान विधायक गोठवाल ने कहा कि चंबल नदी विश्व प्रसिद्ध घड़ियालों का प्राकृतिक आवास है और यह इलाका जैव विविधता की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि यह हमारी अमूल्य प्राकृतिक धरोहर है, जिसका संरक्षण करना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि घड़ियालों की सुरक्षा और देखरेख में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। संरक्षण के साथ पर्यटन विकास पर भी जोर विधायक गोठवाल ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि संरक्षण कार्यों के साथ-साथ पर्यटन सुविधाओं का भी समुचित विकास किया जाए। उन्होंने कहा कि देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों को यहां की प्राकृतिक सुंदरता और संरक्षण प्रयासों को करीब से देखने का अवसर मिलना चाहिए। इसके लिए बेहतर मार्गदर्शन व्यवस्था, स्वच्छता, बैठने की सुविधा, सूचना केंद्र, सुरक्षा इंतजाम और अन्य मूलभूत सुविधाओं को और मजबूत करने के निर्देश दिए गए। चंबल को ईको-टूरिज्म हब बनाने की दिशा में पहल विधायक ने कहा कि चंबल क्षेत्र को एक प्रमुख ईको-टूरिज्म डेस्टिनेशन के रूप में विकसित किया जाएगा। इससे न केवल पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। पर्यटन विकास से क्षेत्र की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और स्थानीय संस्कृति को भी एक नया मंच मिलेगा। आने वाली पीढ़ियों के लिए विरासत सहेजने का संकल्प विधायक गोठवाल ने कहा कि संरक्षण और विकास के बीच संतुलन बनाकर ही आगे बढ़ना होगा। हमारा लक्ष्य है कि चंबल क्षेत्र को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक नई पहचान दिलाई जाए। उन्होंने कहा कि आने वाली पीढ़ियों के लिए इस प्राकृतिक विरासत को सुरक्षित रखना हम सभी की जिम्मेदारी है और इसी उद्देश्य से लगातार प्रयास जारी रहेंगे।
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले के बेलतरा में सरपंच पति रामरतन कौशिक और पूर्व प्राचार्य कावेरी यादव ने मिलकर सरकारी स्कूल से खिड़की, दरवाजे, चैनल गेट और टाइल्स उखड़वा दिए। इसके चलते नवनिर्मित स्कूल भवन उद्घाटन से पहले ही खंडहर में तब्दील हो गया। शिकायत की जांच शिक्षा विभाग ने गंभीर अनियमितता का खुलासा किया है। साथ ही जांच रिपोर्ट के आधार पर जिला शिक्षा अधिकारी ने रतनपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिस पर पुलिस ने दोनों के खिलाफ केस दर्ज किया है। मामला बेलतरा शासकीय हाई स्कूल का है। पूर्व प्राचार्य ने दर्ज नहीं कराई चोरी की FIR, सस्पेंड इससे पहले जब नवनिर्मित स्कूल से टाइल्स, खिड़की और लोहे के गेट गायब होने की जानकारी सामने आई, तब भी पूर्व प्राचार्य ने चोरी की FIR दर्ज नहीं कराई। इस लापरवाही के चलते लोक शिक्षण संचालक ऋतुराज रघुवंशी ने करीब पांच माह पहले प्रभारी प्राचार्य कावेरी यादव को सस्पेंड कर दिया। वहीं, DEO को जांच रिपोर्ट के आधार पर चोरी की शिकायत दर्ज कराने के निर्देश दिए गए। अफसरों को बताए बगैर प्रिंसिपल ने दी सहमति जांच में सामने आया कि स्कूल के प्राचार्य ने खिड़कियां और दरवाजे निकालने के लिए सरपंच पति को सहमति दे दी। उन्होंने इसके लिए विभाग के अफसरों से भी अनुमति नहीं ली और न ही उन्हें इसकी जानकारी दी। जब ग्रामीणों ने स्कूल भवन को खंडहर देखा तब उन्होंने घटना की जानकारी अफसरों को दी। डीईओ की शिकायत पर पुलिस ने दर्ज किया एफआईआर शासकीय हाईस्कूल बेलतरा के नवनिर्मित भवन का सामान उखाड़कर ले जाने के संबंध में 28 जुलाई 2025 को जिला शिक्षा अधिकारी ने रतनपुर थाने में शिकायत दी थी। तब से इस मामले की जांच चल रही थी। जांच में बेलतरा के पूर्व सरपंच पति रामरतन कौशिक व तत्कालीन हाईस्कूल प्राचार्य कावेरी यादव ने बिना किसी आदेश व सूचना के भवन में लगे दरवाजा, खिड़की, ग्रिल, रोशनदान, चैनल गेट, फर्श पत्थर कीमती सहित 2 लाख 87 हजार रुपए का सामान उखाड़कर निकाल लिया था। इससे भवन को नुकसान हुआ है। निकाली गई संपत्तियों का दूसरे जगह उपयोग किया गया। पुलिस ने आरोपी रामरतन कौशिक, कावेरी यादव के खिलाफ धारा 427, 34 भादवि 3 लोक संपत्ति नुकसान अधिनियम 1984 के तहत केस दर्ज किया है। जानिए क्या है पूरा मामला दरअसल, राज्य शासन ने 65 लाख रुपए खर्च कर बेलतरा में हाईस्कूल भवन का निर्माण कराया था। स्कूल की इमारत कुछ साल पहले ही बनी थी और वहां नियमित कक्षाएं चल रही थी। इसी बीच एक साल पहले मरम्मत के बहाने स्कूल प्रबंधन ने भवन को खाली करा दिया। कक्षाएं पास की दूसरी बिल्डिंग में शिफ्ट कर दी गई। तभी स्कूल की बिल्डिंग में लगे चैनल गेट, रेलिंग, खिड़कियां और टाइल्स गायब हो गए। जब स्थानीय लोगों ने स्कूल की इमारत को खंडहर जैसी हालत में देखा, तो उन्हें शक हुआ। उन्होंने जानकारी जुटाई तो पूरा मामला सामने आया। इसके बाद लोगों ने विभागीय अधिकारियों से इसकी शिकायत की। इसके बाद भी अफसर इस गंभीर मामले को दबाने में जुटे रहे। .................... इससे जुड़ी खबर भी पढ़ें... स्कूल के खिड़की-दरवाजे-टाइल्स घर ले गया सरपंच पति: बिलासपुर में 65 लाख की बिल्डिंग खंडहर में तब्दील, प्रिंसिपल पर एक्शन; लेकिन FIR नहीं छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में सरपंच पति गांव के सरकारी स्कूल से खिड़की, दरवाजे, चैनल गेट और टाइल्स समेत लाखों रुपए का सामान उखाड़ कर घर ले गया। प्राचार्य ने सामान ले जाने की सहमति दी, लेकिन विभाग के अफसरों को जानकारी तक नहीं दी। मामला बेलतरा शासकीय हाई स्कूल का है। पढ़ें पूरी खबर...
परिवहन विभाग की ओर से जिले का फिटनेस सेंटर जिला मुख्यालय से करीब 35–40 किलोमीटर दूर निंबाहेड़ा क्षेत्र में शुरू किए जाने से ऑटो चालकों में नाराजगी है। इसी को लेकर भारतीय ऑटो चालक यूनियन से जुड़े कई चालक गुरुवार को जिला कलेक्टर से मिलने पहुंचे और अपनी समस्या रखी। ऑटो चालकों का कहना है कि जिला मुख्यालय पर फिटनेस सेंटर नहीं होने से उन्हें मजबूरी में 40 किलोमीटर दूर जाना पड़ रहा है, जिससे समय, पैसा और रोजी-रोटी तीनों पर असर पड़ रहा है। चालकों ने मांग की कि जिला मुख्यालय पर ही फिटनेस सेंटर फिर से शुरू किया जाए, ताकि उन्हें राहत मिल सके। पहले थे जिला मुख्यालय पर ही फिटनेस सेंटर, अब हुए बंद ऑटो चालक यूनियन के अध्यक्ष जसपाल सिंह ने बताया कि पहले जिले में पहले जिला मुख्यालय पर फिटनेस सेंटर संचालित थे, जिससे ऑटो चालकों को आसानी होती थी। बाद में सरकार द्वारा ये सेंटर बंद कर दिए गए। इसके बाद कुछ समय तक फिटनेस परिवहन विभाग के कार्यालय में की जा रही थी, जिससे स्थिति संभली हुई थी। हालांकि 31 दिसंबर से वह व्यवस्था भी बंद कर दी गई। इसके बाद अब नया फिटनेस सेंटर निंबाहेड़ा के पास रानीखेड़ा में खोला गया है, जो जिला मुख्यालय से काफी दूर है। इस फैसले से जिलेभर के ऑटो चालकों को गंभीर समस्या का सामना करना पड़ रहा है। महंगा, समय लेने वाला और जोखिम भरा हो सकता है सफर ऑटो चालकों का कहना है कि फिटनेस कराने के लिए निंबाहेड़ा जाना उनके लिए महंगा और जोखिम भरा साबित हो रहा है। वहां पहुंचने में आने-जाने का खर्च अलग से उठाना पड़ता है और पूरा दिन इसी में निकल जाता है, जिससे दिनभर की आमदनी भी खत्म हो जाती है। इसके अलावा सरकारी फिटनेस शुल्क 1300 रुपए है, लेकिन वहां करीब 300 रुपए तक की अतिरिक्त रसीद का बोझ भी पड़ता है। कई चालकों ने बताया कि इतनी दूरी तय करते समय गाड़ी खराब होने या सड़क दुर्घटना की आशंका बनी रहती है, जिससे डर और तनाव बढ़ जाता है। परमिट सीमा से बाहर जाने का डर ऑटो चालकों की सबसे बड़ी चिंता उनके परमिट को लेकर है। चालकों का कहना है कि ऑटो का परमिट सिर्फ नगरपरिषद क्षेत्र तक ही मान्य होता है। ऐसे में 35–40 किलोमीटर बाहर जाकर फिटनेस कराना नियमों के खिलाफ भी पड़ सकता है। अगर रास्ते में कोई हादसा हो जाता है तो उसकी जिम्मेदारी कौन लेगा, यह स्पष्ट नहीं है। चालकों का आरोप है कि ऐसी स्थिति में परिवहन विभाग जिम्मेदारी लेने से बच सकता है, जिससे ऑटो चालक पूरी तरह असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। फिटनेस अवधि भी बनी परेशानी की वजह ऑटो चालकों ने बताया कि फिटनेस की अवधि गाड़ी के मॉडल के अनुसार तय होती है। बड़े मॉडल के ऑटो की फिटनेस दो साल में और छोटे मॉडल के ऑटो की फिटनेस एक साल में करानी होती है। मौजूदा व्यवस्था में हर बार इतनी दूर जाकर फिटनेस कराना उनके लिए बड़ी परेशानी बन गया है। इसी कारण ऑटो चालकों ने जिला कलेक्टर से मांग की है कि राजस्थान सरकार और परिवहन विभाग स्थानीय स्तर पर, यानी जिला मुख्यालय पर ही फिटनेस सेंटर दोबारा शुरू करे, ताकि सैकड़ों ऑटो चालकों को राहत मिल सके। आरटीओ का पक्ष, बोले - कोर्ट के आदेश के बाद खुला सेंटर आरटीओ नेमीचंद पारीक ने बताया कि करीब छह महीने पहले जिले पर जयपुर परिवहन विभाग मुख्यालय से फिटनेस सेंटर बंद कर दिए गए थे और कोर्ट के आदेश के बाद निंबाहेड़ा फिटनेस सेंटर को दोबारा शुरू किया गया है, इसलिए फिलहाल वहीं फिटनेस करानी होगी। बंद होने के बाद लोगों की सुविधा के लिए ऑफिस में फिटनेस करवाया जा रहा था लेकिन अब आदेश निंबाहेड़ा का जारी हुआ है।
बड़वानी में गुरुवार को मकर संक्रांति का पर्व पर श्रद्धालुओं ने दान-पुण्य किया। राजघाट में बड़ी संख्या में लोगों ने मां नर्मदा में पुण्य स्नान किया। घरों और मंदिरों में विभिन्न पूजा-पाठ और दान-पुण्य के कार्यक्रम हुए। शहर में गोमाता की शोभायात्रा भी निकाली गई, जिसमें लोगों ने गोमाता को चारा खिलाकर पूजन किया। युवा और बच्चों ने दिनभर पतंगबाजी का आनंद लिया। संक्रांति के अवसर पर नर्मदा तट राजघाट पर सुबह से ही श्रद्धालुओं की आवाजाही शुरू हो गई थी। शुभ मुहूर्त में लोगों ने नर्मदा में आस्था की डुबकी लगाकर पुण्य स्नान किया। इसके बाद स्थानीय मंदिरों में पूजा-अर्चना की गई और गरीबों को रुपए, अन्न और वस्त्र दान किए। संक्रांति पर छतों से पतंग उड़ाते दिखे बच्चे संक्रांति के पर्व पर घरों में तिल-गुड़ की मिठास घुली रही। दिनभर रिश्तेदारों और परिचितों का आना-जाना लगा रहा। युवतियों और बालिकाओं ने अपनी सहेलियों के घर जाकर एक-दूसरे का मुंह मीठा कराया और उपहारों का आदान-प्रदान किया। शहर में पतंगों की दुकानों पर भी दिनभर भीड़ रही। युवा और बच्चे खेल के मैदानों और मकानों की छतों से पतंग उड़ाते दिखे, जबकि कई बच्चे कटी पतंगों को लूटते नजर आए। देखिए तस्वीरें... गोमाता की पूजा-अर्चना कर अनाज व चारा खिलाया पर्व के अवसर पर मां नर्मदा गोशाला ट्रस्ट की ओर से गुरुवार दोपहर गोमाताओं की शोभायात्रा निकाली गई। सेगांव स्थित गोशाला से शुरू हुई इस शोभायात्रा के दौरान मार्गों में जगह-जगह श्रद्धालुओं ने गोमाता की पूजा-अर्चना की और उन्हें अनाज व चारा खिलाया। शोभायात्रा में एक हाथ ठेले पर भगवान श्रीकृष्ण की सुसज्जित प्रतिमा भी रखी गई थी। महिलाओं ने गोमाता और भगवान कृष्ण का पूजन कर सुख-समृद्धि की कामना की। इस दौरान लोगों ने गोशाला के लिए राशि और अन्न का दान भी किया।
सतना की बिरसिंहपुर तहसील स्थित प्राचीन और प्रतिष्ठित श्री गैवीनाथ मंदिर में गुरुवार सुबह उस समय तनाव की स्थिति बन गई, जब आरती-पूजा के दौरान मंदिर के नियमित पुजारी के साथ कथित तौर पर मारपीट की गई। घटना का वीडियो सामने आने के बाद श्रद्धालुओं और पुजारी समाज में गुस्सा है, वहीं मंदिर की सुरक्षा और व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। जानकारी के अनुसार, मंदिर के पुजारी सत्यम गोस्वामी रोजाना की तरह सुबह आरती और पूजा-अर्चना के लिए मंदिर पहुंचे थे। इसी दौरान कुछ लोगों ने उन्हें पूजा करने से रोक दिया। आरोप है कि मंदिर समिति के संचालक एवं माली संघ अध्यक्ष पंकज माली के नेतृत्व में कई लोगों ने पुजारी के साथ पहले अभद्रता की और विरोध करने पर उनके साथ मारपीट की। विवाद का वीडियो आया सामने घटना मंदिर परिसर में मौजूद श्रद्धालुओं के सामने हुई, जिससे कुछ देर के लिए माहौल तनावपूर्ण हो गया। इस दौरान मौजूद लोगों ने पूरी घटना को अपने मोबाइल कैमरों में रिकॉर्ड कर लिया। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि पुजारी को पूजा करने से रोका जा रहा है और बाद में उनके साथ हाथापाई की जा रही है। घटना के बाद मंदिर में मौजूद श्रद्धालु दहशत में आ गए। कई लोगों ने इस कृत्य को मंदिर की परंपराओं और धार्मिक मर्यादाओं का उल्लंघन बताया है। उनका कहना है कि पवित्र स्थल पर इस तरह की घटनाएं आस्था को ठेस पहुंचाती हैं और मंदिर की गरिमा को नुकसान पहुंचाती हैं। प्रशासन से कार्रवाई की मांग मामले को लेकर स्थानीय नागरिकों और पुजारी समाज में गहरा आक्रोश देखा जा रहा है। लोगों का कहना है कि यदि पुजारी ही सुरक्षित नहीं हैं, तो श्रद्धालुओं की सुरक्षा और विश्वास कैसे कायम रहेगा। वहीं, पीड़ित पुजारी सत्यम गोस्वामी ने प्रशासन और पुलिस से शिकायत कर उचित कार्रवाई की मांग की है। इस संबंध में मंदिर के महंत विनोद गोस्वामी ने भी थाने में आवेदन देकर आरोपियों के खिलाफ सख्त कदम उठाने की मांग की है। श्रद्धालुओं का कहना है कि यदि समय रहते प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई, तो इससे मंदिर का धार्मिक वातावरण और उसकी प्रतिष्ठा दोनों प्रभावित हो सकती हैं।
कानपुर चकेरी में 4 महीने से मायके में रह रही पत्नी को मनाने गए युवक ने ससुराल के बाहर जहर खा लिया। दोनों का करीब 8 साल से लव अफेयर था। ढाई साल पहले दोनों ने मंदिर में शादी की थी। ससुराल वालों से झगड़े के बाद पत्नी मायके चली गई थी। बुधवार दोपहर 3 बजे युवक पत्नी को मनाने रामादेवी स्थित उसके घर गया था, लेकिन उसने दरवाजा नहीं खोला। फिर युवक ने 3.40 बजे आखिरी कॉल की। कॉल न रिसीव होने पर ऑटो में बैठ कर उसने जहर खा लिया। युवक ऑटो ड्राइवर था, जहर खाकर तुरंत वह घर लौट आया। घर पहुंचते ही तबीयत बिगड़ने लगी। फिर परिजनों ने कांशीराम में भर्ती कराया, जहां से उसे हैलट रेफर कर दिया गया। हैलट में बुधवार देर रात डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अब दोनों के बीच की वॉट्सऐप चैट सामने आई, जिसमें पत्नी ने पति को लिखा कि- तुझ जैसा नामर्द, धोखेबाज नहीं चाहिए। नफरत हो गई है तुझसे, तेरे नाम से, तेरी दोगली हरकतों से... मेरी वजह से पहली बार बाहर का खा रहा है क्या? विस्तार से पढ़िए पूरा मामला- वॉट्सऐप चैट पढ़िए- परिजनों को बिना बताए मंदिर में शादी की थी हनुमंत विहार थाना क्षेत्र के आनंद विहार निवासी राजमिस्त्री जय कुमार केवट ने बताया- परिवार में पत्नी ईशा, चार बेटियां चींची, पूजा, सन्नो और शालू के साथ इकलौता बेटा विक्रम केवट (25) था। विक्रम ऑटो चलाता था। उसका 8 साल पहले रामादेवी के देहली पुलिया निवासी रिया से लव अफेयर हो गया था। ढाई साल पहले रिया और विक्रम ने परिजनों को बिना बताए मंदिर में शादी कर ली थी। पिता ने बताया कि शादी के बाद दामोदर नगर में दोनों किराए के मकान में रहने लगे थे। इस दौरान रिया ने हम लोगों को बेटे से मिलने नहीं दिया। पिता बोले- बहू ने मेरा नंबर ब्लॉक कर दिया थापिता ने कहा- बेटे विक्रम को फोन करने पर उसके मोबाइल में रिया ने हमारा नंबर ब्लॉक कर दिया। शादी के कुछ समय बाद दोनों के बीच में घरेलू बातों को लेकर झगड़ा शुरू हो गया। इस पर करीब 2 महीने पहले रिया विक्रम को छोड़कर मायके चली गई। इस बीच विक्रम ने पत्नी को समझा कर घर बुलाने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं लौटी। विक्रम 4 से 5 बार सुसाइड का प्रयास कर चुका थापिता ने बताया कि पत्नी से परेशान होकर बेटे विक्रम ने करीब 4 से 5 बार सुसाइड का प्रयास किया था। करीब 15 दिन पहले रिया दामोदर नगर स्थित हमारे घर पहुंची, जहां से जेवर और एक लाख कैश लेकर मायके चली गई। विक्रम ने पत्नी को बुलाने का प्रयास किया, जिस पर रिया ने उसका नंबर ब्लॉक कर दिया था। पिता ने बताया कि बुधवार दोपहर करीब 3 बजे बेटा पत्नी को मनाने के लिए ऑटो से उसके घर गया था, लेकिन बहू ने दरवाजा नहीं खोला। परिजनों ने फोन चेक किया तो रिया-विक्रम में झगड़े की चैट मिलीइस पर विक्रम ने 3.40 बजे फोन किया। फोन न उठाने पर विक्रम ने ऑटो में बैठ कर जहर खा लिया। शाम करीब 4.15 बजे विक्रम तेजी से ऑटो लेकर घर पहुंचा। यहां उसकी तबीयत बिगड़ने लगी। परिजनों ने आनन–फानन में उसे कांशीराम अस्पताल में भर्ती कराया, जहां से उसे हैलट रेफर कर दिया गया। हैलट में देर रात विक्रम की मौत हो गई। परिजनों ने विक्रम का मोबाइल चेक किया, तो विक्रम और रिया के बीच वॉट्सऐप पर नोकझोंक के कुछ मैसेज मिले। चकेरी थाना प्रभारी अजय प्रकाश मिश्रा ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है, तहरीर मिलने पर कार्रवाई की जाएगी। ------------------- ये खबर भी पढ़िए- सतुआ बाबा बोले- विधर्मियों को रफ्तार से रौंद देंगे: उनकी जगह सिर्फ पाकिस्तान; माघ मेला में लैंड रोवर, पोर्श कार से चलते हैं... ''विधर्मियों के लिए भारत में जगह नहीं है, उनका स्थान पाकिस्तान है, वो समय पर पहुंच जाए, क्योंकि यहां विकास का राफेल उड़ चुका है।'' दैनिक भास्कर से बातचीत में सतुआ बाबा ने ये बातें कही। बाबा माघ मेला की सुर्खियों में बने हुए हैं। शाही लाइफ स्टाइल को अक्सर वो इंज्वाय करते दिखते हैं। 14 जनवरी को 3 करोड़ की लैंड रोवर डिफेंडर छोड़कर स्पोर्ट्स कार पोर्शे टर्बो 911 ले ली है, इस कार की कीमत करीब 4.40 करोड़ बताई जा रही है। पढ़ें पूरी खबर...
शहीद के स्मारक को लेकर तकरार:अनशन पर बैठी वीरांगना, प्रशासन और परिवार के बीच ठनी
झुंझुनूं जिले में 1965 के भारत-पाक युद्ध के शहीद कैप्टन फैज मोहम्मद की प्रतिमा (स्मारक) स्थापित करने को लेकर विवाद गहरा गया है। अपनी मांग को लेकर शहीद की वीरांगना जैतून बानो झुंझुनूं शहीद स्मारक के सामने अनिश्चितकालीन उपवास पर बैठ गई हैं। उनके समर्थन में सर्व समाज के लोग भी धरने पर उतर आए हैं। मामला सूरजगढ़ के बानवास गांव का है, जहां जमीन के मालिकाना हक को लेकर शहीद परिवार और प्रशासन के बीच ठनी हुई है। क्या है पूरा विवाद विवाद की जड़ बानवास स्थित वह जमीन है जहां शहीद परिवार प्रतिमा स्थापित करना चाहता है। शहीद परिवार और उनके समर्थकों का दावा है कि जिस जमीन पर स्मारक बनाया जाना है, वह उनकी पुरानी पुश्तेनी और खातेदारी की जमीन है। हाल ही में प्रशासन ने इस जमीन से अतिक्रमण हटाया था, जिसके बाद से विवाद ने तूल पकड़ लिया। जहाँ परिवार इसे अपनी पुश्तैनी जमीन बता रहा है, वहीं प्रशासन इसे पंचायत की भूमि मान रहा है। 18 कैवेलरी यूनिट ने बढ़ाया समर्थन का हाथ शहीद कैप्टन फैज मोहम्मद 18 कैवेलरी यूनिट के जांबाज अफसर थे। उनकी शहादत के सम्मान में इसी यूनिट के पूर्व रिशालदार कैप्टन एजाज नबी और सूबेदार मोहम्मद रफीक खान विशेष रूप से झुंझुनूं पहुंचे हैं। सूबेदार मोहम्मद रफीक खान यूनिट का आधिकारिक पत्र लेकर कलेक्टर से मिले हैं। उनका स्पष्ट कहना है कि दस्तावेज वीरांगना के पक्ष में हैं और प्रशासन को शहीद के सम्मान में बाधा नहीं डालनी चाहिए। राजनीतिक गरमाहट और आरोप कांग्रेस के पूर्व कार्यकारी अध्यक्ष खलील बुडाना ने भी धरने पर पहुंचकर प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। बुडाना ने कहा यह जमीन परिवार की पुश्तैनी जमीन है और इस पर स्मारक बनाना उनका संवैधानिक हक है। प्रभारी मंत्री ने भी इस मामले में कलेक्टर से रिपोर्ट मांगी थी और वीरांगना की सुनवाई के निर्देश दिए थे, लेकिन स्थानीय प्रशासन हठधर्मिता दिखा रहा है। प्रशासन का पक्ष: SDM का बयान दूसरी ओर, सूरजगढ़ SDM दीपक चंदन ने इस मामले में प्रशासन का पक्ष रखते हुए स्पष्ट किया कि की गई कार्रवाई नियमानुसार है। उन्होंने कहा ग्राम पंचायत ने अपनी स्वयं की पंचायत भूमि से अतिक्रमण हटाया है। प्रशासन नियमानुसार कार्य कर रहा है और सरकारी भूमि पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा स्वीकार्य नहीं है। वीरांगना जैतून बानो और उनके समर्थकों ने दो टूक शब्दों में कहा है कि जब तक शहीद की प्रतिमा लगाने का मार्ग प्रशस्त नहीं होता, तब तक यह लड़ाई जारी रहेगी।
अतिरिक्त जिला कलेक्टर भुवनेश्वर सिंह चौहान ने सिणधरी तहसील क्षेत्र के विभिन्न विभागों का व्यापक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को आमजन की समस्याओं के समयबद्ध समाधान और योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पहुंचाने के निर्देश दिए। सिणधरी उपखंड अधिकारी भी रहे मौजूद निरीक्षण में पंचायत समिति कार्यालय, नगर पालिका, तहसील कार्यालय, उपखंड अधिकारी (एसडीएम) कार्यालय, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र/अस्पताल, आंगनबाड़ी केंद्र, शिक्षा विभाग, विद्युत विभाग, जलदाय विभाग और कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय शामिल थे। सिणधरी उपखंड अधिकारी सर्वेश्वर निम्बार्क भी उनके साथ मौजूद रहे। अतिरिक्त जिला कलेक्टर ने प्रत्येक विभाग में संचालित योजनाओं, आमजन को दी जा रही सेवाओं, कार्यालयीन व्यवस्थाओं और कार्मिकों की उपस्थिति की समीक्षा की। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। लोगों को दी जा रही सेवाओं की समीक्षा की पंचायत समिति और नगर पालिका कार्यालयों में साफ-सफाई, अभिलेख संधारण, विकास कार्यों की प्रगति और शिकायत निवारण की स्थिति का जायजा लिया गया। तहसील और एसडीएम कार्यालयों में राजस्व प्रकरणों के निस्तारण, लंबित मामलों और आमजन को दी जा रही सेवाओं की समीक्षा करते हुए शीघ्र समाधान के निर्देश दिए गए। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के निरीक्षण के दौरान चिकित्सा सुविधाओं, दवाओं की उपलब्धता, स्टाफ की उपस्थिति और मरीजों को मिल रही सेवाओं का जायजा लिया गया। आंगनबाड़ी केंद्रों में पोषण आहार, बच्चों की उपस्थिति और समग्र व्यवस्थाओं की जांच की गई। शिक्षा विभाग और कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में शैक्षणिक गतिविधियों, छात्राओं की उपस्थिति, आवासीय सुविधाओं और स्वच्छता की स्थिति का निरीक्षण किया गया। विद्युत और जलदाय विभाग का भी जायजा लिया विद्युत और जलदाय विभाग के निरीक्षण में आपूर्ति व्यवस्था, शिकायतों के निस्तारण और योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। अतिरिक्त जिला कलेक्टर ने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए जनहितकारी योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने के निर्देश दिए। उन्होंने दोहराया कि प्रशासन का उद्देश्य आमजन को गुणवत्तापूर्ण सेवाएं उपलब्ध कराना है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी।
गुजरात के सूरत में आयोजित राष्ट्रीय सब जूनियर खो-खो प्रतियोगिता में हरियाणा की लड़कियों की टीम ने सिल्वर मेडल जीता है। 10 से 14 जनवरी तक चली इस प्रतियोगिता में हरियाणा की टीम ने तीसरा स्थान हासिल किया। इस प्रतियोगिता में देशभर के 25 राज्यों की टीमों ने हिस्सा लिया था। लड़के और लड़कियों दोनों वर्गों के लिए आयोजित इस स्पर्धा में हरियाणा की लड़कियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए कांस्य पदक पर कब्जा किया। समालखा के गांव की चार लड़की- लड़के हुए प्रतियोगिता में शामिल हरियाणा राज्य की टीम में पानीपत के समालखा स्थित खो-खो क्लब, गांव मनाना के चार लड़के और चार लड़कियां शामिल थीं। मनाना गांव की कुमारी नजमा को प्रतियोगिता में 'बेस्ट डिफेंडर' का पुरस्कार मिला, जो उनके उत्कृष्ट खेल का प्रमाण है। इस उपलब्धि पर जिला खो-खो संघ पानीपत के महासचिव रविंद्र सैनी, हरियाणा राज्य खो-खो संघ के महासचिव बलवान सिंह, हरियाणा राज्य रेफरी बोर्ड के अध्यक्ष मोहिंद्र सिंह, हरियाणा राज्य टेक्निकल ऑफिशियल के अध्यक्ष शमशेर सिंह, हरियाणा राज्य खो-खो संघ के उप प्रधान राजकमल ढांडा और खो-खो कोच मुकेश कुमारी मनाना सहित सभी पदाधिकारियों ने हरियाणा के खिलाड़ियों को बधाई दी। मनाना गांव में इस जीत से खुशी की लहर है और खिलाड़ियों के जोरदार स्वागत की तैयारी की जा रही है। गांव की लड़कियों ने खो-खो में पहले भी हरियाणा और देश में गांव का नाम रोशन किया है।
अशोकनगर में युवक की खोपड़ी खुली, मौत:पुलिया से टकराने के बाद 70 फीट दूर जाकर पलटी, दो घायल
अशोकनगर जिले के शाढ़ौरा थाना क्षेत्र में नईसराय रोड पर बुधवार देर रात एक भीषण सड़क हादसे में एक युवक की मौत हो गई। इस दुर्घटना में दो अन्य लोग घायल हुए हैं। तेज रफ्तार कार पुलिया से टकराकर करीब 60-70 फीट दूर जाकर पलट गई। मृतक युवक की पहचान 25 वर्षीय विष्णु रघुवंशी के रूप में हुई है। घायलों में मदन प्रजापति और प्रवेंद्र रघुवंशी शामिल हैं। हादसा इतना भीषण था कि कार का एक पहिया का कवर निकलकर पास के पेड़ पर लटका मिला। मृतक विष्णु को गंभीर चोटें आई थीं, उसका सर फट गया और दिमाग निकलकर दूर जा पड़ा। यह घटना बुधवार रात करीब 11 बजे हुई। सूचना मिलने पर सभी घायलों और मृतक को शाढ़ौरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया। मृतक के शव को पोस्टमार्टम गृह में रखवाया गया, जिसका गुरुवार को पोस्टमार्टम किया गया। घायलों का इलाज जारी है। पुलिस के अनुसार, सभी युवक बरखेड़ा गांव के रहने वाले थे और लगभग एक ही उम्र के थे। वे शाढ़ौरा से अपने गांव बरखेड़ा लौट रहे थे, जहां कृषि उपज मंडी में उनकी मक्का की ट्राली लगी हुई थी। रास्ते में उन्होंने खाना खाया था। हादसा उनके गांव से महज 4 किलोमीटर पहले हुआ। शाढ़ौरा थाना प्रभारी सुनील सिकरवार ने बताया कि रात में घटना की सूचना मिलते ही सभी को अस्पताल पहुंचाया। घायलों को जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। मृतक के शव का पोस्टमार्टम करवाकर मर्ग कायम कर लिया गया है और मामले की जांच की जा रही है।
एसपी ऑफिस के ASI सहित 2 लोग गंभीर घायल:जावाल रोड पर कैंपर-कार-बाइक की टक्कर, पुलिस जांच में जुटी
बरलूट थाना क्षेत्र के जावाल रोड पर हुए एक सड़क हादसे में एसपी कार्यालय में कार्यरत सहायक उप निरीक्षक (ASI) सहित दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को तत्काल सिरोही ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है। दुर्घटना के बाद कैंपर और कार ड्राइवर मौके से फरार हो गए। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, सिरोही एसपी कार्यालय में तैनात सहायक उप निरीक्षक नारायण लाल अपनी बाइक पर भूत गांव से सिरोही लौट रहे थे। रास्ते में उन्हें उड़ निवासी कालूराम पुत्र जोगाराम मिला, जिसने लिफ्ट मांगी। कालूराम भी बाइक पर सवार हो गया। एक पेट्रोल पंप के पास पहुंचने पर, सिरोही की ओर से आ रहे एक तेज रफ्तार कैंपर वाहन ने सामने से आ रही एक कार को टक्कर मार दी। इस टक्कर से कार बेकाबू हो गई और उसने नारायण लाल व कालूराम की बाइक को टक्कर मार दी। दुर्घटना में बाइक सवार नारायण लाल और कालूराम गंभीर रूप से घायल हो गए। बाइक भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। हादसे के तुरंत बाद कैंपर और कार ड्राइवर अपने वाहनों सहित मौके से फरार हो गए। सूचना मिलते ही बरलूट थाना प्रभारी अशोक सिंह और जावाल चौकी प्रभारी राजेंद्र सिंह शेखावत अपनी टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। एम्बुलेंस 108 की सहायता से दोनों घायलों को सिरोही सरकारी अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर भेजा गया। कोतवाली थाने के सब इंस्पेक्टर जितेंद्र सिंह भी अस्पताल पहुंचे और घायलों के इलाज के संबंध में नर्सिंग स्टाफ व डॉक्टरों से जानकारी ली। बरलूट थाना अधिकारी और जावाल चौकी प्रभारी ने फरार हुए दोनों वाहनों का पता लगाने के लिए घटनास्थल के आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगालने शुरू कर दिए हैं।
छिंदवाड़ा मेडिकल कॉलेज में एमआरआई मशीन की जांच दरों को लेकर राजनीति गरमा गई है। हाल ही में जारी नए टेंडर के बाद एमआरआई जांच की दरें 5000-9000 रुपए से घटकर 1100-1500 रुपए हो गई हैं। दरों में आई इस भारी कमी के बाद पूर्व सांसद नकुलनाथ ने सवाल खड़े करते हुए इसे अब तक आम जनता से हुई 'लूट' बताया है। वहीं, मौजूदा सांसद विवेक बंटी साहू ने पलटवार करते हुए कहा कि जब आप सांसद थे, तब रेट कम क्यों नहीं करवाए। अब कांग्रेस इस मुद्दे पर राजनीति कर रही है। दादा की याद में दी थी 6.5 करोड़ की मशीन पूर्व सांसद नकुलनाथ ने बयान जारी कर कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ और उन्होंने अपने दादा स्व. महेन्द्र नाथ जी की स्मृति में 'महेन्द्र नाथ मेमोरियल ट्रस्ट' के माध्यम से 4 नवंबर 2020 को 6.5 करोड़ रुपए की अत्याधुनिक एमआरआई मशीन मेडिकल कॉलेज को दी थी। यह मशीन व्यक्तिगत व्यय पर जनसेवा के उद्देश्य से नि:शुल्क उपलब्ध कराई गई थी। मशीन का पांच वर्षों तक रखरखाव भी नि:शुल्क था। 'जनता से लूट का अधिकार किसने दिया?' नकुलनाथ ने सवाल उठाया कि जब आउटसोर्स कंपनी को न्यूनतम 1100 रुपए की दर पर टेंडर मिल सकता था, तो बीते वर्षों में मरीजों से 5000 से 9000 रुपए तक शुल्क क्यों वसूला गया? उन्होंने पूछा कि आम जनता से इतनी अधिक राशि लेने का अधिकार किसने दिया और क्या किसी जनप्रतिनिधि या उनसे जुड़े लोगों को इसका लाभ मिल रहा था? सांसद साहू बोले- तब आपने रेट कम क्यों नहीं कराए? आरोपों पर पलटवार करते हुए छिंदवाड़ा सांसद विवेक बंटी साहू ने कहा कि जब एमआरआई मशीन छिंदवाड़ा लाई गई थी और इसका पहला टेंडर हुआ था, उस समय 2023 में नकुलनाथ स्वयं सांसद थे। उनके पिता मुख्यमंत्री भी रह चुके थे। उस दौरान शुल्क कम क्यों नहीं किया गया? साहू ने कहा कि जनता की परेशानी को देखते हुए उन्होंने हाल ही में स्वास्थ्य मंत्री से मुलाकात कर इस विषय को उठाया, जिसके बाद अब इसके सार्थक परिणाम सामने आए हैं। मरीजों को मिली बड़ी राहत गौरतलब है कि छिंदवाड़ा में अब तक एमआरआई जांच के लिए मरीजों से 5000 से 9000 रुपए तक वसूले जा रहे थे। लेकिन दो दिन पहले जारी नए टेंडर के अनुसार अब एमआरआई जांच की दरें 1100 से 1500 रुपए तय की गई हैं। इससे जिले के मरीजों को इलाज के दौरान बड़ी आर्थिक राहत मिलेगी।
युवक को बहन के देवर ने मारी गोली, घायल:कटनी जिला अस्पताल रेफर, जमीन को लेकर चल रहा विवाद
पन्ना जिले के पवई थाना अंतर्गत ग्राम कृष्णगढ़ में जमीनी विवाद को लेकर दो पक्षों में बहसबाजी हुई। विवाद बढ़ने पर एक पक्ष के लोगों ने दूसरे पक्ष पर गोली चला दी। हादसे में दो लोग गंभीर रूप से घायल हुए। उन्हें प्राथमिक इलाज के बाद कटनी रेफर किया गया है। घटना गुरुवार सुबह की है। महिला का जमीन को लेकर देवर से था विवाद जानकारी के अनुसार, घायल मोहम्मद रईस (निवासी ककरहटी) की बहन सबीना अख्तर का अपने देवर अफजल खान के साथ लंबे समय से पुश्तैनी जमीन को लेकर विवाद चल रहा है। विवाद के कारण सबीना अपने मायके में रह रही थी। बुधवार को जब वह अपनी ससुराल कृष्णगढ़ पहुंची, तो देवर अफजल ने उसे अपमानित कर घर से जाने को कहा। महिला ने देवर के खिलाफ थाने में की शिकायत सबीना ने बुधवार शाम को पवई थाने में इसकी शिकायत दर्ज कराई थी। गुरुवार को जब भाई मोहम्मद रईस अपनी बहन की मदद करने कृष्णगढ़ पहुंचा, तो विवाद और बढ़ गया। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि इसी दौरान अफजल खान (आरोपी देवर) ने रईस (भाई) पर कट्टे से फायर कर दिया। गोली लगने से रईस लहूलुहान होकर गिर पड़ा। वहीं, बचाव में किए गए हमले में अफजल के सिर में भी गंभीर चोट आई है। एसडीओपी बोले-जांच कर रहे, दोषियों पर होगी कार्रवाई घटना की सूचना मिलते ही एसडीओपी भावना सिंह दांगी और थाना प्रभारी सुशील कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। एसडीओपी का कहना है कि जमीनी विवाद को लेकर दो पक्षों में मारपीट और गोली चलने की सूचना मिली है। घायलों को बेहतर इलाज के लिए कटनी रेफर किया गया है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है और आरोपियों के खिलाफ सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
देवास में शुक्रवार को किसान न्याय सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा। यह सम्मेलन जिला कांग्रेस कमेटी देवास और ब्लॉक कांग्रेस कमेटी क्षिप्रा द्वारा ग्राम क्षिप्रा, विधानसभा हाटपीपल्या में आयोजित होगा। इसका मुख्य उद्देश्य किसानों की फसलों के दाम और लैंड पूलिंग जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा करना है। कार्यक्रम की तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। इस सम्मेलन में मध्य प्रदेश कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता शामिल होंगे। इनमें मध्य प्रदेश कांग्रेस प्रभारी हरीश चौधरी, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी, सह प्रभारी संजय दत्त, मध्य प्रदेश महिला कांग्रेस अध्यक्ष रीना बौरासी, पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा, देवास जिला कांग्रेस प्रभारी सदाशिव यादव और हाटपीपल्या विधानसभा प्रभारी मनोज आर्य प्रमुख रूप से उपस्थित रहेंगे। जिला कांग्रेस अध्यक्ष मनीष चौधरी और शहर कांग्रेस अध्यक्ष प्रयास गौतम ने सभी किसान साथियों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं से इस सम्मेलन में उपस्थित होकर किसानों की आवाज को मजबूत करने की अपील की है।
रेवाड़ी जिले में दिल्ली जयपुर हाईवे पर गांव कापड़ी वास के पास ट्रक की चपेट में आने से यूपी के युवक की मौत हो गई। सुबह धुंध के चलते ट्रक ने पहले एक ईको और कार को टक्कर मारी। फिर बेकाबू होकर डिवाइडर से टकराकर बूस्टिंग स्टेशन की दीवार तोड़कर अंदर घुस गया। ट्रक की चपेट में आने से हलवाई के कारिंदे की मौत हो गई। हादसे के बाद ट्रक ड्राइवर मौके से फरार हो गया। सूचना के बाद धारूहेड़ा पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। 75 फुटा रोड पर हादसा जानकारी के अनुसार सुबह एक ट्रक 75 फुटा रोड से राजस्थान के भिवाड़ी की तरफ जा रहा था। इसी दौरान कापड़ी वास फ्लाइओवर के पास धुंध के कारण ट्रक ने ईको कार को टक्कर मारी। इसके बाद ट्रक एक कार से टकराया और बेकाबू होकर डिवाइडर से टकराते हुए दूसरी तरफ जाकर पलट गया। ट्रक ने सड़क के पास हलवाई बहरा को अपनी चपेट में ले लिया। जिसके बाद उसे घायल अवस्था में अस्पताल पहुंचाया। जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया। बूस्टिंग स्टेशन की दीवार तोड़ी डिवाइडर से टकराया ट्रक दूसरी तरफ बने बूस्टिंग स्टेशन की दीवार से टकरा और अंदर घुस गया। इसी दौरान ट्रक ने बहरा हलवाई के पास काम करने वाले यूपी के कारिंदे को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे के समय श्रमिक डिवाइडर के पास बहरा हलवाई की फास्ट फूड की रेहड़ी पर काम कर रहा था। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी। घटना की सूचना मृतक के परिजनों और मालिक को दे दी गई है।
वर्धमान महावीर खुला विश्वविद्यालय (वीएमओयू), कोटा ने जनवरी 2026 प्रवेश सत्र के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है। कोटपूतली स्थित राजकीय एलबीएस पी.जी. महाविद्यालय इसका अध्ययन केंद्र है। ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं विद्यार्थी अध्ययन केंद्र के प्राचार्य प्रो. आर.के. सिंह ने बताया- विश्वविद्यालय स्नातक, स्नातकोत्तर, सर्टिफिकेट और डिप्लोमा सहित सभी पाठ्यक्रमों में प्रवेश दे रहा है। इच्छुक विद्यार्थी ई-मित्र, मोबाइल या कंप्यूटर के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। अंतिम तिथि 31 जनवरी विभिन्न पाठ्यक्रमों में प्रवेश की अंतिम तिथि 31 जनवरी निर्धारित की गई है। अध्ययन केंद्र के समन्वयक प्रो. अशोक सिंह ने जानकारी दी कि वीएमओयू ने विद्यार्थियों की सुविधा के लिए जनवरी 2026 सत्र में प्रथम और द्वितीय दोनों सेमेस्टर में एक साथ प्रवेश का प्रावधान किया है। एक साथ दो डिग्री में ले सकते हैं प्रवेश विद्यार्थी नियमानुसार एक साथ दो डिग्रियों में भी प्रवेश ले सकते हैं। प्रवेश के समय पाठ्यसामग्री न लेने पर कुल फीस में 15 प्रतिशत की छूट का प्रावधान है। इसके अतिरिक्त, विश्वविद्यालय महिला विद्यार्थियों को निःशुल्क शिक्षा प्राप्त करने का अवसर प्रदान करता है, जिनकी फीस का पुनर्भरण राज्य सरकार द्वारा किया जाएगा।
जयपुर में भले ही आज आसमान साफ हो, लेकिन जयपुर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर फ्लाइट्स का शेड्यूल गड़बड़ रहा। मुंबई, चेन्नई, जोधपुर, दिल्ली जाने वाली फ्लाइट्स अपने निर्धारित समय की देरी से उड़ी। वहीं जयपुर से चंडीगढ़ जाने वाली फ्लाइट आज लगातार तीसरे दिन भी उड़ान नहीं भर सकी। जयपुर एयरपोर्ट सूत्रों के मुताबिक, जयपुर से दिल्ली जाने वाली इंडिगो की फ्लाइट संख्या 6E-5096 देरी से उड़ान भरी। ये फ्लाइट जयपुर से निर्धारित समय दोपहर 1.55 बजे उड़ान भरती है, लेकिन गुरुवार को संचालन कारणों का हवाला देकर अब विमान को शाम 4.10 बजे रवाना किया जाएगा। इसके अलावा जयपुर से चंडीगढ़ जाने वाली इंडिगो की फ्लाइट 6E-7718 अपने निर्धारित समय सुबह 9.45 के बजाय सुबह 10.40 बजे जयपुर से उड़ान भरी। इंडिगो की फ्लाइट संख्या 6E-5362 जयपुर-चेन्नई भी अपने निर्धारित समय सुबह 9.55 बजे की बजाय सुबह 10.50 बजे रवाना हुई। इंडिगो की फ्लाइट 6E-7405 जयपुर-जोधपुर अपने निर्धारित समय 10.30 के बजाय सुबह 11.16 बजे रवाना हुई। जबकि फ्लाइट संख्या 6E-251 जयपुर-मुंबई सुबह 10.55 बजे के बजाय सुबह 11.50 बजे रवाना हुई। चंडीगढ़ जाने वाली उड़ान रद्द इधर, जयपुर से चंडीगढ़ जाने वाली इंडिगो की फ्लाइट गुरुवार सुबह उड़ान नहीं भर पाई। विमान संख्या 6E-7742 जयपुर-चंडीगढ़ निर्धारित समय सुबह 5.50 बजे उड़ान भरता है, लेकिन ये फ्लाइट आज कैंसिल रही। ये विमान लगातार तीसरे दिन फ्लाइट उड़ान नहीं भर सकी।
झालावाड़ में ट्रैक्टर-ट्रॉली पलटी, 2 महिलाएं गंभीर:दान संग्रह जा रहे 10 लोग घायल, अस्पताल में भर्ती
झालावाड़ के पिड़ावा थाना क्षेत्र में एक ट्रैक्टर-ट्रॉली पलटने से 10 लोग घायल हो गए। घायलों में 6 महिलाएं, 3 बच्चे और एक पुरुष शामिल हैं। इनमें से दो महिलाओं की हालत गंभीर बताई जा रही है। सभी घायलों का इलाज झालावाड़ अस्पताल में चल रहा है। अस्पताल चौकी प्रभारी भीम सिंह से मिली जानकारी के अनुसार, यह हादसा आज सुबह करीब 7 बजे हिम्मतगढ़ इलाके में हुआ। करमाखेड़ी गांव निवासी ये लोग दान संग्रह के लिए हिम्मतगढ़ गांव जा रहे थे। रास्ते में एक मोड़ पर तेज रफ्तार ट्रैक्टर-ट्रॉली बेकाबू होकर पलट गई। हादसे में घायल हुए लोगों में किशना (10) पुत्र दिनेश नट, सोहनबाई (40) पत्नी अनार नट, लक्ष्मी उर्फ दीपिका (16) पुत्री दिनेश नट, पूजा (30) पत्नी अमरनाथ, सुलोचना (36) पत्नी विशाल नट, अंजलि (18) पत्नी रोहित नट, मीनाक्षी (30) पत्नी बजरंग नट, रीना (35) पत्नी दिनेश नट, दीक्षा (5) पुत्री अमन, आदेश (8) पुत्र रामविलास और बजरंगलाल (37) पुत्र रमेशचंद्र नट शामिल हैं। दुर्घटना के बाद सभी घायलों को प्राथमिक इलाज के बाद झालावाड़ अस्पताल लाया गया। पुलिस ने उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।
दुर्ग में जमीन खरीद-फरोख्त से जुड़े धोखाधड़ी के मामले में सिटी कोतवाली पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामला चार साल पुराने जमीन सौदे से जुड़ा है, जिसमें खरीदार से पूरी रकम लेने के बावजूद रजिस्ट्री नहीं कराई गई। जानकारी के मुताबिक, परिवादी बालकृष्ण स्वर्णकार (38), निवासी गया नगर, वार्ड क्रमांक-4, दुर्ग ने कोर्ट में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि कन्हैयापुरी चौक, कसारीडीह निवासी आरोपी राजूलाल (55) ने जमीन बेचने के नाम पर उनसे 6 लाख रुपए ले लिए। बघेरा स्थित जमीन का हुआ था सौदा परिवादी के अनुसार, मौजा बघेरा, वार्ड क्रमांक-56 स्थित खसरा नंबर 323/107, रकबा 2500 वर्गफीट भूमि को 6 लाख रुपए में बेचने का सौदा तय हुआ था। 8 जनवरी 2021 को जिला न्यायालय परिसर दुर्ग में नोटरी के समक्ष, दो गवाहों की मौजूदगी में बिक्री इकरारनामा निष्पादित किया गया। इकरारनामे में जमीन विक्रय का स्पष्ट उल्लेख था और आरोपी के हस्ताक्षर भी दर्ज थे। इसी दिन आरोपी ने परिवादी के पक्ष में पंजीकृत आम मुख्त्यारनामा भी निष्पादित किया। दो लाख बयाना, बाद में चार लाख और दिए इकरारनामे के साथ परिवादी ने आरोपी को 1,95,000 रुपए का चेक और 5,000 रुपए कैश देकर कुल 2,00,000 रुपए की बयाना राशि अदा की। बाद में आरोपी ने कोविड महामारी का हवाला देते हुए रजिस्ट्री टाल दी और एक साल बाद शेष रकम लेकर रजिस्ट्री कराने का आश्वासन दिया। जनवरी 2023 में परिवादी ने बाकी 4,00,000 रुपए की रकम भी दो चेक के माध्यम से आरोपी को दे दी। रजिस्ट्री के समय खुला धोखाधड़ी का मामला जब परिवादी ने स्टाम्प ड्यूटी भरकर रजिस्ट्री की पूरी तैयारी कर दस्तावेज उप पंजीयक कार्यालय में प्रस्तुत किए, तब धोखाधड़ी का खुलासा हुआ। आरोपी राजूलाल ने स्वयं उप पंजीयक कार्यालय में आपत्ति दर्ज कराई कि उसने जमीन बेची ही नहीं, बल्कि केवल गिरवी रखी थी। इस आपत्ति के चलते रजिस्ट्री रोक दी गई और दो वर्ष पूरे होने के बाद आम मुख्त्यारनामा भी निष्प्रभावी हो गया। कोर्ट ने माना प्रथम दृष्टया संज्ञेय अपराध मामले से परेशान होकर परिवादी ने न्यायालय में परिवाद प्रस्तुत किया। सुनवाई के बाद न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी रवि कुमार महोबिया ने माना कि प्रथम दृष्टया यह संज्ञेय अपराध है। न्यायालय ने सुप्रीम कोर्ट के महत्वपूर्ण फैसलों का हवाला देते हुए दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 156(3) के तहत थाने को केस दर्ज करने के निर्देश दिए। इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला कोर्ट के आदेश के बाद सिटी कोतवाली दुर्ग में आरोपी राजूलाल के खिलाफ धारा 420 (धोखाधड़ी), धारा 416 (छलपूर्वक प्रतिरूपण) और धारा 34 (सामूहिक आशय) के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। बैंक रिकॉर्ड और दस्तावेज होंगे अहम सबूत जांच के दौरान बैंक चेक, बैंक स्टेटमेंट, बिक्री इकरारनामा, आम मुख्त्यारनामा और नोटरी से जुड़े दस्तावेजों को अहम साक्ष्य माना जा रहा है। पुलिस का कहना है कि सभी पहलुओं की जांच कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पानीपत जिले में समालखा के गुड़मंडी गेट स्थित एक हलवाई से एक करोड़ रुपए की रंगदारी मांगने और गोली चलाने के मामले में गिरफ्तार तीनों बदमाशों को सीआईए थ्री पुलिस घटनास्थल पर लेकर आई। यह कार्रवाई जांच के तहत की गई है। पुलिस ने बदमाशों को पीड़ित परिवार के सामने पहचान के लिए प्रस्तुत किया। इस दौरान उनके चेहरों से कपड़ा हटाया गया, जिससे उन्हें देखने के लिए घटनास्थल पर भारी भीड़ उमड़ पड़ी।पुलिस ने इन तीनों बदमाशों को कोर्ट से छह दिन के रिमांड पर लिया है। रिमांड के दौरान उनसे घटना से संबंधित विस्तृत पूछताछ की जा रही है। लोगों के मन से भय दूर करने का प्रयास सीआईए इंचार्ज विजय कुमार ने बताया कि बदमाशों ने इलाके में अपना दबदबा बनाने के लिए इस वारदात को अंजाम दिया था। घटनास्थल पर लाकर लोगों के मन से भय दूर करने का प्रयास किया गया है। इंचार्ज विजय कुमार ने बताया कि पुलिस व्यापारियों की सुरक्षा के लिए हर तरह से मौजूद है और किसी को भी घबराने की जरूरत नहीं है। बता दे कि तीनों अपराधियों से घटनास्थल पर पूछताछ की गई है और मामले में आगे की कार्रवाई जारी है।
मथुरा में मुठभेड़ में तीन बदमाश गिरफ्तार:राहगीरों से लूटपाट करते थे, मुखबिर की सूचना पकड़े गए
मथुरा के वृंदावन में राहगीरों से छिनैती की घटना करने वाले 3 आरोपियों से पुलिस की मुठभेड हो गई। मुठभेड़ में गोली लगने से तीनों बदमाश घायल हो गए। जिनको गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 3 तमंचे, 3 जिंदा 5 खोखा कारतूस,2 मोबाइल, 5800 रुपए व 1 मोटर साइकिल बरामद की। मुखबिर से मिली सूचना थाना वृन्दावन पुलिस टीम को मुखबिर से सूचना मिली कि थाना वृंदावन में वांछित आरोपी गौरव (25) रोहित और विमल उर्फ लड्डू गौ ग्राम के पास मौजूद हैं। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस पर किया फायर गौ ग्राम चौराहा पर पहुंची पुलिस को देख बदमाश भागने लगे। पुलिस ने घेराबंदी कर धौरेरा की तरफ चैतन्य विहार में घेर लिया। जिसके बाद बदमाशों ने पुलिस पर फायर कर दिया। जिसके जवाब में पुलिस ने फायरिंग की। मुठभेड तीनों बदमाश गोली लगने से घायल हो गए। जिसके बाद पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया। इन वारदात को दिया था अंजाम आरोपियों द्वारा परिक्रमा के रास्ते में मिथला कुंज के सामने एक महिला के हाथ से पर्स जिसमें 12000 रु व मोबाइल फोन था छीन लिया था। इसके सम्बन्ध में थाना वृन्दावन पर 32/2026 धारा 304(2)बीएनएस व 3 जनवरी को एक अन्य महिला से दो अज्ञात बाइक सवार द्वारा यमुना जी श्री राधावल्लभ मंदिर के पास से पर्स छीनने की वारदात को अंजाम दिया था। इन मामलों में पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही थी। गिरफ्तार करने वाली टीम बदमाशों से हुई मुठभेड़ में पुलिस टीम में थाना प्रभारी वृंदावन संजय कुमार पाण्डेय ,निरीक्षक अपराध धर्मेंद्र कुमार SSI अभय शर्मा,SI कुलवीर सिंह तरार ,शिवकुमार शर्मा,अरुण कुमार ,जिनेन्द्र कुमार,रितेश,विमल कुमार,नितिन कुमार,नारायण,सुनील कुमार ,नारायण यादव, विजेंद्र कुमार और वीरेंद्र कुमार मौजूद रहे।
धौलपुर में प्रिंसिपल के तबादले का विरोध:छात्राएं दूसरे दिन भी स्कूल गेट पर धरने पर बैठीं
धौलपुर के बाड़ा हैदर साहब स्थित महात्मा गांधी इंग्लिश मीडियम राजकीय स्कूल में प्रिंसिपल नरेश जैन के तबादले के विरोध में छात्राओं ने लगातार दूसरे दिन स्कूल गेट पर धरना प्रदर्शन किया। इस फैसले को लेकर छात्रों में भारी आक्रोश देखा जा रहा है। प्रिंसिपल के तबादले की सूचना बुधवार को मिली थी, जिसके बाद छात्र-छात्राएं भड़क उठीं और स्कूल के मुख्य गेट पर धरने पर बैठ गईं। गुरुवार सुबह भी छात्राएं हाथों में तख्तियां लेकर स्कूल पहुंचीं और प्रिंसिपल के तबादले के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी छात्राओं ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि जब तक प्रिंसिपल नरेश जैन को वापस इसी स्कूल में नहीं भेजा जाता, तब तक वे न तो कक्षाओं में बैठेंगी और न ही पढ़ाई करेंगी। प्रदर्शन के दौरान मौजूद अभिभावकों ने बताया कि प्रिंसिपल नरेश जैन के कार्यकाल में स्कूल का परीक्षा परिणाम 97% से अधिक रहा है। अभिभावकों का मानना है कि उनका तबादला गलत है, क्योंकि इससे उनके बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होगी। धरने पर बैठी छात्राओं ने प्रिंसिपल नरेश जैन की प्रशंसा करते हुए कहा कि उन्होंने स्कूल के शैक्षणिक स्तर को ऊंचाइयों तक पहुंचाया है। उनके कार्यकाल में पढ़ाई का माहौल बेहतर हुआ, अनुशासन कायम रहा और छात्रों को नियमित मार्गदर्शन मिला। छात्राओं ने उन्हें एक शिक्षक के साथ-साथ अभिभावक जैसा बताया, जो उनकी समस्याओं को सुनते और उनका समाधान करते थे।
रीवा में पुराने लेनदेन के विवाद में एक युवक ने चिकन शॉप पर जमकर हंगामा किया। दुकानदार ने उधार के पैसे मांगे तो आरोपी ने उसके साथ मारपीट की और दुकान में रखे करीब 200 अंडे जमीन पर पटककर फोड़ दिए। घटना गुरुवार देर रात सिटी क्षेत्र स्थित सागर चिकन शॉप की है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। 'पैसे मांगे तो दुकान में तोड़फोड़ की' दुकान संचालक सागर खान ने बताया कि आरोपी पर मुर्गों के पैसे लंबे समय से बकाया थे। कई बार कहने के बाद भी वह पैसे नहीं दे रहा था। जब दोबारा तकादा किया, तो वह भड़क गया और गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी। सागर खान के मुताबिक, आरोपी ने दुकान में रखे करीब 200 अंडे जमीन पर पटककर फोड़ दिए और अन्य सामान को भी नुकसान पहुंचाया। आसपास के लोगों के पहुंचने पर मामला शांत हुआ। SDOP बोले- आरोपी की पहचान कर ली है मामले में एसडीओपी उमेश प्रजापति ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला पुराने लेनदेन को लेकर हुए विवाद का है। अंडे तोड़ने और मारपीट की घटना सामने आई है। आरोपी की पहचान कर ली गई है और उसके खिलाफ सुसंगत धाराओं में प्रकरण दर्ज किया जा रहा है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

