China Rejects Board of Peace: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से बनाए जा रहे ‘बोर्ड ऑफ पीस’ में शामिल होने के न्योते को चीन ने ठुकरा दिया है. चीन ने साफ कहा है, वह संयुक्त राष्ट्र (UN) को केंद्र में रखकर बने अंतरराष्ट्रीय सिस्टम और अंतरराष्ट्रीय कानून से चलने वाली व्यवस्था के साथ मजबूती से खड़ा है.
South Korea AI Law: दक्षिण कोरिया ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के सुरक्षित इस्तेमाल को लेकर दुनिया का पहला पूरा कानून लागू कर दिया है. इस कानून का मकसद AI से फैलने वाली गलत जानकारी डीपफेक और लोगों की सुरक्षा से जुड़े खतरे रोकना है. सरकार ने कंपनियों और AI बनाने वालों की जिम्मेदारी तय की है.
इतना टैरिफ क्यों, ग्रीनलैंड क्यों चाहिए, भारत से... दावोस में दिए ट्रंप के ये 9 तर्क पढ़ लीजिए
स्विट्जरलैंड के दावोस में चल रहे वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (WEF) में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दिए बयान इस समय पूरी दुनिया में चर्चा का विषय बना हुआ है.ट्रंप नेकरीब सवा घंटे के लंबे संबोधन में दुनिया के सामने बहुत सारे मामलों पर अपने विचार रखें हैं. जिसमेंअमेरिकी इकोनॉमिक रिवाइवल, टैरिफ की वजह, ग्रीनलैंड की स्ट्रैटेजिक जरूरत, ऑयल-वेपन्स डील्स, भारत से रिश्ते मजबूत करने, ईवी की जगह फॉसिल फ्यूल पर फोकस और रूस-यूक्रेन वॉर खत्म करने के प्लान सब पर बात की है. तो आइए जानते हैं ट्रंप के दावोस में दिए गए प्रमुख मुद्दो पर जवाब. वह भी सवाल-जवाब के स्टाइल में.
South Korea Martial Law Case: दक्षिण कोरिया के पूर्व प्रधानमंत्री हान डक-सू को मार्शल लॉ मामले में अदालत ने 23 साल की सजा सुनाई है. अदालत ने माना कि उन्होंने पूर्व राष्ट्रपति यून सुक योल के साथ मिलकर दिसंबर 2024 में लगाए गए मार्शल लॉ में अहम भूमिका निभाई थी. इस फैसले के बाद उन्हें तुरंत हिरासत में भेज दिया गया.
America News: अमेरिका में एक मालिक ने आलू को कानूनी तौर पर 9mm गन साइलेंसर के रूप में रजिस्टर करवाया है. इस रजिस्ट्रेशन के बाद वह लीगल तरीके से पोटैटो साइलेंसर का मालिक बन गया. जानिए क्या है पूरा मामला.
New H-1B rule promises big gains:अमेरिकी सरकार की GAO रिपोर्ट के मुताबिक, H-1B वीजा के नए वेटेड सिलेक्शन नियम से 2026 से 2035 तक अर्थव्यवस्था को 20 अरब डॉलर से ज्यादा का फायदा होगा.नियम हाई स्किल्ड और ज्यादा सैलरी वाले विदेशी वर्कर्स को प्राथमिकता देगा.लेकिन GAO ने चेतावनी दी है कि ये नियम कांग्रेस रिव्यू एक्ट की 60 दिनों की समय-सीमा से पहले लागू हो रहा है, जिससे कानूनी सवाल उठ रहे हैं.
नाटो सदस्य देश डेनमार्क के स्वायत्त क्षेत्र ग्रीनलैंड को अमेरिका में मिलाने की अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मंशा ने ट्रांस-अटलांटिक संबंधों में गंभीर तनाव पैदा कर दिया है। इस मुद्दे पर अब यूरोप के शीर्ष नेता खुलकर सामने आ गए हैं।
US to receive USD 600 billion in tariff revenue:दावोस में वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम के मंच से अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ा दावा किया है. ट्रंप के मुताबिक, टैरिफ नीति से अमेरिका को करीब 600 अरब डॉलर की कमाई होगी, जो अगले साल और बढ़ेगी. उन्होंने कहा कि चुनाव के बाद निवेशकों का भरोसा तेजी से अमेरिका की ओर लौटा है.
Guyana Agriculture Success: दुनिया में एक ऐसा भी देश है जो अपने लोगों के खाने-पीने की हर चीज खुद उगाता है. बाहर से कुछ भी आयात नहीं करता, यह देश है दक्षिण अमेरिका का छोटा सा देश है. इसका नाम हम आपको आगे बताएंगे. यहां फल, सब्जी, अनाज, दूध, मांस, मछली, दालें और मेवे सब कुछ देश के अंदर ही पैदा होता है. खास बात यह भी है कि यहां की करीब 40 फीसदी आबादी भारतीय मूल की है. यहां खाने में आज भी भारत जैसा स्वाद मिलता है.
ट्रंप की गाजा शांति परिषद पर वैश्विक असहमति: चीन ने बनाई दूरी, यूरोप के बड़े देशों का इनकार
अमेरिका का कहना है कि इजरायल-हमास युद्ध के बाद गाजा पट्टी में सामान्य स्थिति बहाल करने, सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने और पुनर्निर्माण कार्यों के समन्वय के लिए इस शांति परिषद का गठन किया जा रहा है। राष्ट्रपति ट्रंप ने इसे एक वैकल्पिक वैश्विक मंच के रूप में पेश किया है, जो भविष्य में संयुक्त राष्ट्र की भूमिका को भी चुनौती दे सकता है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वर्ल्ड इकोनामिक फोरम (WEF) के मंच से एक बार फिर अपने आक्रामक और विस्तारवादी एजेंडे को खुलकर सामने रखा है। ग्रीनलैंड को लेकर लंबे समय से चल रही अटकलों और विवादों के बीच ट्रंप ने साफ शब्दों में कहा कि अमेरिका को किसी भी हालत में ग्रीनलैंड चाहिए।
Board of Peace Countries List: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रस्तावित ‘बोर्ड ऑफ पीस’ को लेकर दुनिया के देशों की स्थिति अब धीरे-धीरे साफ हो रही है. कुछ देशों ने इसमें शामिल होने की हामी भर दी है कुछ ने दूरी बना ली है. वहीं कई बड़े देश अभी सोच-विचार में लगे हैं. यह बोर्ड पहले गाजा में संघर्षविराम की निगरानी के लिए सोचा गया था लेकिन अब इसे अंतरराष्ट्रीय विवाद सुलझाने वाले मंच के तौर पर आगे बढ़ाने की तैयारी हो रही है.
California governor says he was barred from Davos event:वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम के दौरान स्विट्जरलैंड के दावोस में कैलिफोर्निया के गवर्नर गेविन न्यूजम को बोलने से रोक दिया गया. न्यूजम के दफ्तर का आरोप है कि यह फैसला ट्रंप प्रशासन के दबाव में लिया गया है. इसके बाद अमेरिका की राजनीति में नई बहस छिड़ गई है.
US Action on Pakistan Dental Firms:वाशिंगटन से आई ये खबर पाकिस्तान के सियालकोट शहर के लिए एक बड़ा झटका बन सकती है. सियालकोट तो दुनिया भर में सर्जिकल और डेंटल टूल्स बनाने के लिए मशहूर है, लेकिन अब अमेरिका की तरफ से एक बड़ी जांच शुरू हो गई है.यूएस इंटरनेशनल ट्रेड कमीशन ने पेटेंट और ट्रेडमार्क उल्लंघन के आरोपों की जांच खोलते हुए कंपनियों को 20 दिन में जवाब देने का अल्टीमेटम दिया है. जवाब नहीं आया तो आयात पर रोक और कड़े आदेश लग सकते हैं.
गाजा पीस बोर्ड पर ट्रंप का झूठ हुआ जगजाहिर, पुतिन ने कह दी ये बड़ी बात; जानें क्या है पूरा मामला
Putin Rejects Trump Claim: दावोस में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि रूस ने गाजा पीस बोर्ड में शामिल होने का न्योता मान लिया है. ट्रंप के इस दावे पर रूस ने तुरंत सफाई दी है. रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने इस बात से इनकार कर दिया है. पुतिन ने साफ कहा कि रूस अभी इस प्रस्ताव पर विचार कर रहा है.
Impact of US collapse: ग्रीनलैंड से कनाडा तक विस्तार की जिद करके कहीं ट्रंप अमेरिका के पतन की पटकथा तो नहीं लिख रहे? अगर ऐसा हुआ तो 3 देश दुनिया के लिए नया चमकता सितारा बन जाएंगे.
London News: बांग्लादेश में हो रहे हिंदुओं पर अत्याचार की वजह से दुनियाभर में गुस्सा है. अब लंदन में भी ये देखने को मिल रहा है. संसद भवन के बाहर सैकड़ों PIO और बांग्लादेशी मूल के हिंदुओं ने ठंडी और तेज बारिश में विरोध प्रदर्शन किया.
‘तुम्हें 8 लाख रुपए का कर्ज लिए हुए दो साल हो चुके हैं। कब तक लौटाओगे? तुम्हारे पास न अब जमीन बची है, न जायदाद। ट्रैक्टर, गाड़ी- सब बिक गए। अब क्या बेचकर पैसे दोगे? तुम ह%$#र सिर्फ कर्ज लेना जानते हो, देना नहीं। जब चुकाने की औकात नहीं थी, तो लिया क्यों? अब इस घर को बेचकर पैसे चुकाओ। नहीं तो…’ इतना कहते हुए साहूकारों ने मेरे गाल पर जोर से दो थप्पड़ जड़ दिए। मैं चिल्लाते हुए गाल सहलाने लगा। तभी एक साहूकार बोला, ‘पूरे पैसे तीन महीने के भीतर चुका दो। कर्ज चुकाने के लिए कुछ भी नहीं बचा है, तो अपनी किडनी बेचकर चुकाओ। किडनी बेचने से हमें पैसे मिल जाएंगे और किसी को जीवनदान।’ यह कहते हुए साहूकारों ने मेरे पेट पर जोर से लात मारी और घर से निकल गए। सितंबर 2023 की इन बातों को दोहराते हुए 36 साल के रोशन कुडे की आंखें डबडबा जाती हैं, मगर आंसू बाहर नहीं आते। रोशन कहते हैं, ‘अगर ये घर बेच देता, तो मेरे दो छोटे-छोटे बच्चे, पत्नी, मां-बाप, भाई- सब कहां रहते? इसलिए आखिर में अपनी किडनी ही बेच दी। फिर भी पूरा कर्ज नहीं चुका पाया। क्या करता? उन साहूकारों ने दूसरा कोई रास्ता छोड़ा ही नहीं था।’ बोलते-बोलते रोशन कुडे अपनी गर्दन दूसरी तरफ घुमा लेते हैं। मानो उन्हें मुझसे आंखें मिलाकर बात करने में शर्म आ रही हो। सामने गाय के दालान में उनकी पत्नी ईंट के चूल्हे पर रोटी पका रही हैं। पिता लकड़ी के सोफे पर बैठे पागल की तरह कुछ बुदबुदा रहे हैं। स्याह कहानियों की सीरीज ब्लैकबोर्ड में आज महाराष्ट्र के रोशन कुडे और उनके परिवार की कहानी। कैसे साहूकारों के चक्कर में पड़कर रोशन को अपनी किडनी बेचनी पड़ी। पूरी कहानी जानने के लिए मैं भोपाल से नागपुर पहुंचा और वहां से करीब 100 किलोमीटर दूर नागभीड़ कस्बे गया। यह इलाका महाराष्ट्र के चंद्रपुर जिले में आता है। नागभीड़ के पास स्थित मिंथुर गांव में रोशन कुडे का परिवार रहता है। रोशन अपने आंगन से सटे चबूतरे पर कपड़े उतारकर नहाने की तैयारी कर रहे हैं। तभी उनके पेट की बायीं तरफ एक बड़ा-सा सर्जरी का निशान साफ दिखाई देता है। रोशन बताते हैं, ‘कंबोडिया में मेरे पेट की इसी जगह को चीरकर डॉक्टर ने किडनी निकाल ली थी। वहां से लौटने के बाद से मेरे बच्चे मुझसे पूछते हैं- पापा, आपने किडनी क्यों बेच दी? शर्म के मारे मैं बस इतना ही कह पाता हूं- नहीं, ऑपरेशन हुआ है। कैसे अपने बच्चों से कहूं कि उनके बाप ने कर्ज के बोझ में अपनी किडनी बेच दी।’ नहाते हुए रोशन की आंखें बार-बार उनके पिता शिवदास विस्तारी की ओर चली जाती हैं। विस्तारी सोफे पर लेटे हुए कुछ बुदबुदा रहे हैं। रोशन खीझते हुए कहते हैं, ‘पहले बहुत अच्छे थे। जब से उन्हें पता चला कि मैंने कर्ज चुकाने के लिए अपनी किडनी बेच दी, तब से वह पागल-से हो गए हैं।’ रोशन नहाने लगते हैं। इसी दौरान मैं उनके पिता के पास चला जाता हूं। वह उठकर बैठ जाते हैं। पूछने पर कहते हैं, ‘मैं रेलवे के मैकेनिकल डिपार्टमेंट में था। जब मेरे दो बच्चे हुए और उन्हें पालने-पोसने में दिक्कत आने लगी, तो समय से पहले रिटायरमेंट ले लिया। पता नहीं कैसी किस्मत थी कि बेटा इन साहूकारों के चक्कर में पड़ गया।’ वह आगे कहते हैं, ‘हालात ऐसे हैं कि मेरे नाती-पोते चॉकलेट-बिस्किट के लिए 5 रुपए मांगते हैं, तो दे नहीं पाता। पैसे ही नहीं हैं, तो कहां से दूं। अब कुछ भी बचा नहीं है। 2017 तक सब ठीक था- हंसता-खेलता परिवार। आज सब बर्बाद हो गया।’ उनकी आवाज भर्रा जाती है। कहते हैं, ‘अब कोई जहर पीकर मरना चाह रहा है, तो कोई फांसी लगाकर मरना चाहता है।’ कुछ देर चुप रहने के बाद वह कहते हैं, ‘साहूकारों ने सब लूट लिया। हमें जिंदा रहते हुए मार दिया। अब बेटे ने किडनी क्यों बेची, कैसे बेची- यह तो वही आपको बताएगा।’ नहाने के बाद रोशन सकुचाते हुए बातचीत के लिए खाट खींचकर मेरे सामने बैठ जाते हैं। कहते हैं, ‘2017 की बात है। मैंने 6 गायें पाली थीं। हर 10 दिन में करीब 28 हजार रुपए की आमदनी हो जाती थी। धीरे-धीरे यह संख्या बढ़कर 12 गायों तक पहुंच गई। फिर 2019 आते-आते गायें एक-एक करके बीमार पड़ने लगीं। उन्हें लम्पी वायरस हो गया था। जो पैसे दूध से आ रहे थे, वे गायों के इलाज में खर्च होने लगे। बीमारी की वजह से गायों ने दूध देना बंद कर दिया। आमदनी जीरो हो गई। हर दिन महीनों की तरह गुजरने लगा। इसी तरह दो साल बीत गए। आखिरकार सभी गायें मर गईं। अब सिर्फ पापा की पेंशन पर सब कुछ टिका था। घर किसी तरह चल रहा था।’ रोशन आगे कहते हैं, ‘गांव का ही मेरा एक दोस्त था। मेरे हालात देखकर उसने कहा- रोशन, तुम चाहो तो मेरे जानने वाले किशोर बावनकुडे और मनीष घाटबांदे से कर्ज ले सकते हो। जब पैसे हों, तब चुका देना।’ बोलते-बोलते रोशन माथा पीटने लगते हैं। बगल में बैठी उनकी पत्नी रोहिणी बार-बार अपना मंगलसूत्र निहारती हैं। उनकी आंखों से आंसू टपक रहे हैं। रोशन कहते हैं, ‘फरवरी 2021 की बात है। मैं इन दोनों साहूकारों के पास गया और अपनी पीड़ा बताई। दोनों 50-50 हजार रुपए देने के लिए राजी हो गए। बदले में पहले 15 दिन का 10 प्रतिशत ब्याज तय हुआ और भुगतान में देरी होने पर हर दिन 5 से 10 हजार रुपए तक का जुर्माना।’ ‘मैंने हामी भर दी। धीरे-धीरे उनका कर्ज बढ़ता गया। इसके बाद वे हर हफ्ते घर आकर धमकियां देने लगे।’ वह आगे बताते हैं, ‘2022 की बात है। मेरी दादी की मौत हो गई थी। उनकी तेरहवीं थी। उसी दिन सुबह-सुबह एक साहूकार मेरे घर आया और पापा को गालियां देते हुए धमकाने लगा।’ ‘मां उनके पैर पकड़कर गिड़गिड़ाने लगीं कि दादी की तेरहवीं के बाद वह कर्ज चुका देंगी। जाते-जाते उसने कहा- जमीन बेचकर पैसे चुकाओ, वर्ना…’ कर्ज लेने का कोई कागज बनवाया था? आवाज में तल्खी लाते हुए रोशन बोल पड़ते हैं, ‘साहब, सब कुछ बातचीत में ही हुआ था। जो उसने कहा, वही मुझे मानना पड़ा। चार महीने बाद साहूकार ने मुझे यहां से करीब 15 किलोमीटर दूर ब्रह्मपुरी बुलाया। उस दिन उसने कहा- अगर तुम मेरा कर्ज नहीं चुका पा रहे हो, तो मेरे एक जानने वाले हैं। उनसे पैसे लेकर मेरा कर्ज लौटा दो।’ ‘उन साहूकारों ने मुझे लक्ष्मण नाम के एक साहूकार से मिलवाया। उसने कहा- पैसे तो दे दूंगा, लेकिन 40 प्रतिशत मासिक ब्याज के साथ चुकाने होंगे। मैंने हामी भर दी। उससे मैंने 3 लाख रुपए ले लिए और पहले वाले साहूकार का कर्ज चुका दिया।’ रोशन आगे कहते हैं, ‘अब इस 3 लाख पर हर महीने 1 लाख 20 हजार रुपए ब्याज लगने लगा। इतना पैसा मैं कैसे चुका पाता? डेटा एंट्री ऑपरेटर की नौकरी करके बमुश्किल 10-12 हजार रुपए महीना कमाता था।’ रोशन कहते हैं, ‘अब साहूकार फिर से धमकी देने लगे। कहने लगे- तुम अपनी जमीन बेचकर पैसे चुकाओ। हर हफ्ते सुबह उठते ही सभी साहूकार मेरे घर आ जाते थे। गुस्से में चीखते हुए घर में घुस आते। मेरे बच्चे और पत्नी डर के मारे रोने लगते। पैसे न देने पर वे गालियां देते हुए वापस लौट जाते।’ यह कहते हुए रोशन के पेट में दर्द होने लगता है। खाट पर बैठे-बैठे वह बेचैन हो उठते हैं। थोड़ा ठहरकर कहते हैं, ‘सर, थोड़ा रुक जाइए। किडनी जब से निकाली गई है, तब से इस हिस्से में दर्द बना रहता है। ज्यादा बोलता हूं तो यहां दबाव पड़ता है और बेचैनी होने लगती है।’ मैं हामी भरते हुए रुक जाता हूं। रोशन उठकर आंगन की ओर चले जाते हैं। पत्नी रोहिणी कुडे उसी खाट पर आकर बैठ जाती हैं। गोद में डेढ़ साल के बच्चे को उठाते हुए कहती हैं, ‘ये मेरे पेट में था। साहूकार हर दिन पैसे मांगने के लिए आते थे। भद्दी गालियां देते थे। कहते थे- पैसे नहीं हैं, तो पत्नी के गहने बेचकर चुकाओ।’ वह आगे कहती हैं, ‘मेरे पास करीब एक तोला सोना था। मेरे पति ने मेरा मंगलसूत्र समेत सारी ज्वेलरी बेच दी। कभी-कभी मन होता था कि सभी को जहर देकर मर जाऊं, या इसे (पति को) छोड़कर चली जाऊं। लेकिन क्या करती? दो-दो बच्चे हैं, कहां जाती।’ कहती हैं, ‘गहने बेचने के बाद भी हम साहूकारों का कर्ज नहीं चुका पाए। फिर अपने रिश्तेदारों और आसपास के लोगों से पैसे लेने लगे। ऐसा करते-करते 15 से 20 लोगों से कर्ज ले लिया। बैंक से भी कर्ज लिया। कुल मिलाकर 74 लाख रुपए का कर्ज हो गया। इसके बाद साहूकार जमीन बेचने का दबाव बनाने लगे।’ यह कहते-कहते रोहिणी फूट-फूटकर रोने लगती हैं। रोशन वापस आकर बगल में बैठ जाते हैं। कहते हैं, ‘पापा जमीन बेचना नहीं चाहते थे। उन्होंने खेती-किसानी करके ढाई एकड़ जमीन खरीदी थी। साहूकार कहने लगे- जमीन बेचकर पैसे लाओ, नहीं तो सभी को मार देंगे।’ वह आगे कहते हैं, ‘डर के चलते पापा करीब दस दिनों तक घर से गायब हो गए। एक रिश्तेदार के यहां जाकर छिपकर रहने लगे। इधर साहूकार रोज घर आकर गाली-गलौज करते थे, पैसे मांगते थे।’ ‘एक दिन जब पापा घर लौटे, तो साहूकार उन्हें जबरन उठाकर कचहरी ले गए और पूरी जमीन बिकवा दी। ढाई एकड़ जमीन थी, वह भी खत्म हो गई।’ रोशन की आवाज भारी हो जाती है। कहते हैं, ‘जमीन बिकने के बाद भी साहूकारों का कर्ज नहीं चुका पाया, तो उन्होंने हमारे ट्रैक्टर और गाड़ी बिकवा दी। उससे भी कर्ज नहीं उतरा, तो मेरी किडनी…’ यह कहते हुए रोशन कुछ देर के लिए सन्न रह जाते हैं। ठहरकर कहते हैं, ‘सितंबर 2023 की बात है। हर दिन सुबह-सुबह साहूकारों के फोन आने लगे। सब मिलाकर कर्ज 74 लाख से ज्यादा हो चुका था।’ ‘एक दिन साहूकारों ने ब्रह्मपुरी स्थित अपने ऑफिस में बुलाया और कहा- अब तुम्हारे पास दूसरा कोई रास्ता नहीं है। अपनी किडनी बेच दो। एक किडनी के सहारे जिंदा तो रहोगे ही। इतना सोच क्या रहे हो?’ किडनी की बात सुनते ही मैं थर-थर कांपने लगा। एक साहूकार ने अपना फेसबुक पेज दिखाते हुए कहा, ‘देखो, कंबोडिया का ये हॉस्पिटल है। यहां दर्जनों पेशेंट भर्ती हैं, जिन्हें किडनी की ज़रूरत है। यहां सभी किडनी दान करते हैं। तुम भी किडनी दान कर दो। बदले में 8 लाख रुपए तो मिलेंगे ही। अगर किसी पेशेंट के परिवार वाले करोड़पति हुए, तो तुम्हारी किस्मत ही बदल जाएगी।’ वह आगे बोला, ‘मुंहमांगी कीमत पाओगे- 50 लाख, एक करोड़… जितना चाहोगे, उतना।’ उसके बाद हर दो-चार दिन में ये साहूकार मुझे बुलाकर घंटों समझाते रहते। मैं करीब छह-सात महीने तक साहूकारों की कही किडनी बेचने की बात टालता रहा। वे हर रोज घर आकर कहते- अब समय नहीं है, जल्दी पैसे चुकाओ। इधर साहूकारों के डर से घर के लोग हर वक्त रोते-बिलखते रहते थे। सुबह होते ही फोन की घंटी बजने लगती थी। सितंबर 2024 की बात है। मैंने मन बना लिया कि अब किडनी बेचनी ही पड़ेगी। सोच रहा था- वैसे भी परिवार भूखा मर रहा था। दिन में खाना बनता, तो रात में नहीं बनता था और रात में बनता, तो दिन में नहीं। जमीन, ज्वेलरी, ट्रैक्टर, मोटरसाइकिल… सब बेचने के बाद भी 40 लाख का कर्ज बचा था। साहूकारों ने बहुत जल्दी, साढ़े तीन हजार रुपए में मेरा पासपोर्ट बनवा दिया। फेसबुक के जरिए डॉ. कृष्णा नाम के एक डॉक्टर से मेरा संपर्क करवाया और फिर कंबोडिया जाने का प्लान बना लिया। साहूकार को अपनी पत्नी का बैंक अकाउंट नंबर दे दिया था। मन में बस यही चल रहा था- पता नहीं, वहां जाने के बाद जिंदा लौटूंगा या नहीं। 21 सितंबर की रात से एक दिन पहले की बात है। मैंने पत्नी से कहा- कर्ज बहुत ज्यादा हो चुका है। कई लोग विदेश जाकर कमाते हैं। मैं भी जा रहा हूं, शायद किस्मत पलट जाए। मन ही मन डर भी था- कंबोडिया जाने के बाद अगर मुझे कुछ हो गया, तो मेरी पत्नी विधवा हो जाएगी, बच्चे अनाथ हो जाएंगे। खैर, दो जोड़ी कपड़े और खाने-पीने का थोड़ा सामान लेकर मैं नागपुर से कोलकाता के लिए निकल गया। कोलकाता से हम लोगों की कंबोडिया के लिए फ्लाइट थी। हम लोगो की? ‘हां, मेरे साथ और भी छह लोग थे। सभी किडनी बेचने जा रहे थे। जब एयरपोर्ट पहुंचे, तो साहूकारों ने साफ कह दिया- अगर यहां से कोई वापस जाना चाहता है, तो पहले 5 लाख रुपए जमा करे। वरना कोई किसी से कोई बात नहीं करेगा और अपने बारे में किसी को कुछ नहीं बताएगा। 26 सितंबर की रात 8 बजे हम लोगों की कोलकाता से बैंकॉक के लिए फ्लाइट थी। उससे पहले साहूकारों ने कोलकाता की ही एक लैब में हमारी मेडिकल जांच करवाई, ताकि यह पता कर सकें कि जिन्हें लेकर जा रहे हैं, उनकी किडनियां ठीक हैं या नहीं- उन्हें बेचा जा सकता है या नहीं। इस तरह बैंकॉक के रास्ते 27 सितंबर की सुबह करीब 10 बजे हम कंबोडिया पहुंच गए। वहां से हमें एक हॉस्पिटल ले जाया गया, जिसे लोग मिलिट्री हॉस्पिटल कहते थे। वहां दो कमरों में हम छह लोगों को बंधक बनाकर रखा गया। न कोई फोन कॉल कर सकते थे, न किसी से बातचीत। साथ आए लड़कों में कोई महाराष्ट्र का था, कोई दूसरे शहर का। कुछ राजस्थान के थे और कुछ बांग्लादेश के। वहां हर दिन सभी रोते-बिलखते रहते थे। कहते थे- हमें किडनी नहीं बेचनी है। इसी तरह लगभग दो हफ्ते बीत गए। 14 अक्टूबर की सुबह एक डॉक्टर आया और बोला- आज तुम लोगों का ऑपरेशन होगा। दोपहर करीब 2 बजे वह मुझे ऑपरेशन थिएटर में लेकर गया। एक इंजेक्शन लगाने के कुछ देर बाद मैं बेहोश हो गया। रात करीब 10 बजे होश आया, तो देखा- मेरे हाथ-पैर में कई मशीनें लगी हुई थीं।’ पेट पर गहरा चीरा था। मैं दर्द के मारे कराह रहा था। उस वक्त लगा कि इससे अच्छा तो मर ही गया होता। पूरी रात जागता रहा, नींद नहीं आई। तीसरे दिन जब पत्नी के खाते में 8 लाख रुपए पहुंचे, तब उसने मुझे फोन किया। वह चौंकते हुए बोली- अकाउंट में 8 लाख रुपए आए हैं। इतने पैसे कहां से आए? मैं रोते हुए बोला- हां, एक किडनी बेच दी है। 26 अक्टूबर को साहूकारों ने कंबोडिया से विशाखापट्नम की फ्लाइट से मुझे वापस घर भेज दिया। घर पहुंचा, तो मेरी पत्नी कलेजा पीटकर रोने लगी। मैं रात-रात भर करवट नहीं बदल पाता था। जिधर से किडनी निकाली गई थी, उस तरफ करवट लेते ही तेज दर्द होने लगता था। कुछ महीनों तक मैं बाथरूम में चुपके से नहाता रहा, ताकि पेट का चीरा कोई देख न ले। उस समय तक किडनी निकालने की बात सिर्फ मेरी पत्नी को ही पता थी। ठंड बढ़ने लगी, तो मैं आंगन में धूप में जाकर नहाने लगा। तभी सबको पता चल गया कि मेरे पेट पर चीरा लगा है। किडनी बेचने के बाद भी करीब 40 लाख रुपए का कर्ज बचा था। साहूकार अब भी हर रोज मेरे घर पैसे मांगने आते थे। 15 दिसंबर की बात है। शाम का वक्त था। अचानक कमरे से जोर की आवाज आई। भागकर देखा, तो पत्नी जमीन पर गिरी पड़ी थी। उसकी गर्दन में रस्सी बंधी थी। वह फूट-फूटकर रो रही थी। कह रही थी- अब जीने का कोई फायदा नहीं। वह फांसी के फंदे से लटकने जा रही थी, लेकिन अलमारी से टकराने के कारण रस्सी टूट गई और वह नीचे गिर गई। नहीं तो उस दिन सब खत्म हो जाता। तब मैंने कहा था- कल शहर जाकर एसपी के सामने पूरी रिपोर्ट दर्ज कराऊंगा। अगले दिन मैंने साहूकारों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई। अब सभी साहूकार जेल में हैं।’ कहते-कहते रोशन अपना माथा रगड़ने लगते हैं। खीझते हुए कहते हैं, ‘अभी भी 30–40 लाख रुपए का कर्ज है। कैसे जिंदगी कटेगी, यही सोच-सोचकर नींद नहीं आती।’
19 जनवरी, 2026 की दोपहर एक वीडियो इंटरनेट पर वायरल होना शुरू हुआ। इसमें पुलिस की वर्दी पहने एक शख्स महिलाओं से अश्लील हरकतें करते दिख रहा है। दावा किया गया कि ये शख्स कर्नाटक के DGP रामचंद्र राव हैं और वीडियो उनके ऑफिस का है। शाम होते-होते CM सिद्धारमैया ने राव के खिलाफ जांच के आदेश दिए और 20 जनवरी को उन्हें सस्पेंड कर दिया गया। वीडियो में दिख रही महिलाएं कौन हैं, ये अभी तक पता नहीं चला है। पुलिस सोर्स के मुताबिक, वीडियो 2017 का है। तब राव नॉर्थ रेंज के IG थे। वायरल वीडियो पर राव का कहना है कि ये फर्जी है और इसे बनाने वालों पर केस करूंगा। राव पहले भी विवादों में रहे हैं। उन पर कारोबारियों से जब्त पैसे हड़पने, सोने की तस्करी में आरोपी बेटी को बचाने के आरोप लग चुके हैं। बेंगलुरु सिटी के पुलिस कमिश्नर रह चुके IPS भास्कर राव दावा करते हैं कि रामचंद्र राव से तंग होकर पहले भी महिलाएं सुसाइड कर चुकी हैं। 47 सेकेंड का मल्टीक्लिप वीडियो, लोकेशन बेलगावी ऑफिसCM ऑफिस से मिले आदेश के बाद वीडियो क्लिप की जांच की गई। टीम में शामिल कर्नाटक पुलिस के एक सीनियर ऑफिसर ने दैनिक भास्कर को बताया, ‘47 सेकेंड का ये वीडियो सीक्रेट तरीके से शूट किया गया है। इसे कई अलग-अलग क्लिप जोड़कर बनाया गया है। इसे शूट करने की तारीख अभी स्पष्ट नहीं है।’ ‘रामचंद्र राव ने पुलिस को बताया है कि वीडियो में दिख रहा ऑफिस बेलगावी का है। वहां वे 8 साल पहले पोस्टेड थे। उनके बयान के आधार पर वीडियो में नजर आ रही महिला का पता लगा रहे हैं। उस तक पहुंचना अभी मुश्किल है क्योंकि महिला ने रामचंद्र राव के खिलाफ इस मामले में कोई शिकायत नहीं की थी।’ जांच के दो एंगल- हनीट्रैप या साजिशकर्नाटक पुलिस के सोर्स ने दैनिक भास्कर को बताया कि दो एंगल से पूरे मामले की जांच की जा रही है: 1. किसी ने निजी फायदे के लिए रामचंद्र राव को हनीट्रैप में फंसाने की कोशिश की है। 2. किसी ने साजिशन महिला से उनका अवैध रिश्ता उजागर करने के लिए ऐसा किया हो। DGP राव मई, 2026 में रिटायर होने वाले हैं। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या उनकी छवि खराब करने के लिए जानबूझकर ये हरकत की गई। वीडियो में दिख रही महिलाएं कौनवीडियो में एक ही महिला है या ज्यादा हैं? इस सवाल के जवाब में जांच अधिकारी कहते हैं,’ कितनी महिलाएं हैं ये अभी जांच का विषय है। हर बार उनका पहनावा अलग है। हो सकता है कि एक ही महिला हो, जो अलग-अलग दिन ऑफिस आई हो।’ कर्नाटक पुलिस के मुताबिक, ये साफ नहीं हुआ है कि महिलाओं पर कोई दबाव डाला गया, नौकरी या कोई लालच देकर उनका फायदा उठाया गया या वे अपनी मर्जी से आई थीं। इन सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है। DGP राव की सफाई- वीडियो फर्जी, AI से बनायाउधर, रामचंद्र राव ने दावा किया है कि ये क्लिप AI के जरिए बनाई गई है। उन्होंने कहा, ‘मैं भी सोच रहा हूं कि यह कैसे और कब हुआ और किसने किया। इस जमाने में कुछ भी हो सकता है। मुझे इसके बारे में कोई जानकारी नहीं है। ये मुझे बदनाम करने की साजिश है। मैं गृहमंत्री से इसकी शिकायत करूंगा और उन्हें समझाऊंगा कि मेरे खिलाफ गलत जानकारी फैलाई जा रही है।’ ये वीडियो झूठा है, मैं खुद इसे देखकर हैरान हूं। ये कब बनाया गया, इसकी मुझे बिल्कुल जानकारी नहीं है। ये फर्जी वीडियो कंप्यूटर के जरिए बनाया गया, जिसका मकसद मेरी छवि खराब करना है। ये काम जिसने भी किया है, उसे खोजकर मुकदमा दर्ज करवाऊंगा। हालांकि, जांच के बाद कर्नाटक सरकार ने माना कि राव की गतिविधियां अखिल भारतीय सेवा कोड ऑफ कंडक्ट, 1968 के नियम 3 का उल्लंघन हैं। इसलिए IPS रामचंद्र राव को DGP के पद से सस्पेंड कर दिया गया। कर्नाटक के राज्यपाल थावरचंद गहलोत ने राव के सस्पेंशन का आदेश जारी करते हुए कहा- ‘DGP ने अभद्र व्यवहार किया है। ये एक सरकारी कर्मचारी के लिए अशोभनीय है और इससे सरकार को शर्मिंदगी उठानी पड़ी है।' आदेश में कहा गया है कि सस्पेंशन के दौरान राव राज्य सरकार की लिखित अनुमति के बिना मुख्यालय नहीं छोड़ सकते। दैनिक भास्कर ने रामचंद्र राव का पक्ष जानने के लिए उन्हें फोन किया, लेकिन कॉल रिसीव नहीं की गई। उनका जवाब मिलने पर स्टोरी में शामिल किया जाएगा। पूर्व कमिश्नर बोले- रामचंद्र राव का रिकॉर्ड खराब, बर्खास्त करना चाहिएबेंगलुरु सिटी के पुलिस कमिश्नर रह चुके रिटायर्ड IPS ऑफिसर भास्कर राव दावा करते हैं कि रामचंद्र राव का रिकॉर्ड शुरुआत से खराब रहा है। वे कहते हैं, ‘रामचंद्र राव चिकमंगलूर का SP था, तब भी उसके दूसरी महिलाओं से रिश्ते थे। उस पर सोने की तस्करी और अवैध वसूली जैसे आरोप लग चुके हैं। सरकार को उसे तुरंत पुलिस सर्विस से हटा देना चाहिए।’ भास्कर राव आरोप लगाते हैं कि रामचंद्र राव का नाम कई बार जूनियर स्टाफ के साथ गलत बर्ताव की वजह से चर्चा में रहा। उसने खासकर उन महिला पुलिसकर्मियों को परेशान किया, जो बेंगलुरु के बाहर से आती थीं। कलबुर्गी में एक महिला ने इसकी वजह से सुसाइड कर ली थी। बाद में ये मामला दबा दिया गया। रामचंद्र राव के पुराने विवादगोल्ड स्मगलिंग में बेटी की मदद करने का आरोप3 मार्च, 2025 को रामचंद्र राव की सौतेली बेटी और कन्नड़ एक्ट्रेस रान्या राव को बेंगलुरु एयरपोर्ट पर 14 किलो से ज्यादा सोने के साथ अरेस्ट किया गया था। राजस्व खुफिया निदेशालय के मुताबिक, रान्या के पास 14.2 किलो सोना था, जिसकी कीमत 12.56 करोड़ रुपए थी। जांच में पता चला कि उसने एयरपोर्ट की सुरक्षा जांच से बचने के लिए प्रोटोकॉल का गलत इस्तेमाल किया था। इसमें रामचंद्र राव ने भी उसकी मदद की थी। उस वक्त रामचंद्र राव कर्नाटक स्टेट पुलिस हाउसिंग कॉर्पोरेशन के चेयरमैन थे। स्मगलिंग का खुलासा होने के बाद उन्हें छुट्टी पर भेज दिया गया। पूछताछ में रामचंद्र ने कहा था कि उनका रान्या से संपर्क नहीं है। कॉन्स्टेबल ने कबूला, रामचंद्र के कहने पर रान्या की मदद कीरान्या की गिरफ्तारी के बाद दैनिक भास्कर ने केस की जांच कर रहे अधिकारियों से बात की थी। टीम में शामिल एक ऑफिसर के मुताबिक, सोने की तस्करी में रान्या का मददगार एक कॉन्स्टेबल भी पकड़ा गया। उसने कबूल किया कि IPS रामचंद्र राव ने रान्या की मदद के लिए कहा था। रान्या ने 3 मार्च को फोन कर उसे एयरपोर्ट पर रहने के लिए कहा। हालांकि, रान्या ने पूछताछ में कहा कि मुझे सोने की तस्करी के बारे में पता नहीं था। लेकिन जांच एजेंसी को इस पर भरोसा नहीं हुआ। 6 मार्च को रान्या की कस्टडी खत्म होने पर उसे बेंगलुरु की सेंट्रल जेल भेज दिया गया। जेल से ही उन्होंने DRI चीफ को लेटर लिखा। इसमें उन्होंने पुलिस की थ्योरी को खारिज कर दिया। रान्या ने लेटर में लिखा कि एयरपोर्ट पर उतरते ही मुझे हिरासत में ले लिया गया। थप्पड़ मारे और 40 पेज पर जबरन साइन करवाए गए। रान्या इस मामले में अब तक जेल में है। पॉलिटिकल पार्टियां क्या कह रहीं… BJP: सीनियर IPS के दफ्तर का वीडियो, गृह विभाग कमजोर पड़ाDGP रामचंद्र राव से जुड़ा वीडियो सामने आने के बाद कर्नाटक BJP ने मांग की है कि CM सिद्धारमैया गृह मंत्री को हटाएं। पार्टी के सीनियर लीडर और पूर्व मुख्यमंत्री डीवी सदानंद गौड़ा कहते हैं, ‘राज्य का गृह विभाग कमजोर हो गया है। खुफिया विभाग कुछ नहीं कर रहा है। इतने सीनियर IPS अधिकारी से जुड़े इस मामले की जानकारी खुफिया विभाग को कैसे नहीं मिली। ये हैरान करने वाली बात है।’ कांग्रेस: बिना पद देखे सरकार ने अधिकारी पर एक्शन लियाहमने रामचंद्र राव के वीडियो पर कर्नाटक कांग्रेस के नेताओं से बात की। एक महिला प्रवक्ता ने बताया कि इस मामले पर गृह विभाग ही प्रतिक्रिया दे रहा है। बाकी किसी को बयान देने की मनाही है। वहीं गृहमंत्री जी. परमेश्वर ने मीडिया को दिए बयान में कहा, ‘कर्नाटक सरकार ने DGP राव पर तुरंत कार्रवाई की है। CM इस मामले से नाराज हैं। जांच में जो भी सामने आएगा, उसके आधार पर आगे की कार्रवाई करेंगे।
Mauritius-UK Chagos Islands dispute: लंबे कानूनी विवाद में हार के बाद अब ब्रिटेन कब्जाए हुए चागोस द्वीप को मॉरिशस को वापस लौटाने जा रहा है. इस फैसले से अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप भड़के हुए हैं. उन्होंने इसके लिए ब्रिटेन को खरी-खोटी सुनाई है.
ग्रीनलैंड को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प कहते थे कि इसे हर हाल में हासिल करेंगे, वेनेजुएला जैसे मिलिट्री एक्शन लेंगे, शांति के बारे में नहीं सोचेंगे। लेकिन रातोंरात ट्रम्प का रुख बदल गया है। 21 जनवरी को दावोस के वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में उन्होंने ऐलान किया कि वे ग्रीनलैंड पर कब्जा करेंगे, लेकिन ताकत से नहीं। ट्रम्प के 75 मिनट के भाषण के बाद माना जा रहा है कि अब अमेरिका ग्रीनलैंड को हासिल करने के लिए मिलिट्री एक्शन या ताकत का इस्तेमाल नहीं करेगा। आखिर क्यों ट्रम्प ग्रीनलैंड पर हमला करने से पीछे हट गए; जानेंगे भास्कर एक्सप्लेनर में 5 पॉइंट्स में… 1. वर्ल्ड ऑर्डर में अमेरिका की लीडरशिप को खतरा 2. दुनियाभर में एंटी-ट्रम्प माहौल की लामबंदी 3. हमला NATO और UN के नियमों के खिलाफ होगा 4. NATO में अंदरूनी बंटवारे का खतरा 5. अमेरिका में ही ट्रम्प की इस पॉलिसी का विरोध ***** ट्रम्प से जुड़ी ये भी खबर पढ़िए... सालभर में 7 देशों पर हमले, आधी दुनिया पर नजर: ट्रम्प की 'सनक' एक सोची-समझी स्ट्रैटजी; जानिए 200 साल पुरानी अमेरिकी डॉक्ट्रिन डोनाल्ड ट्रम्प को राष्ट्रपति पद की शपथ लिए एक साल पूरे हो रहे हैं। इस दौरान ट्रम्प ने 7 देशों पर सैन्य हमले किए, वेनेजुएला के राष्ट्रपति को तो घर से उठवा लिया, दर्जनों देशों पर अनाप-शनाप टैरिफ लगाए, राष्ट्राध्यक्षों को बेइज्जत किया और पूरे पश्चिमी हिस्से पर खुला दबदबा जताया। सवाल सिर्फ इतना नहीं कि ट्रम्प क्या कर रहे हैं, सवाल यह है कि क्यों कर रहे हैं? पूरी खबर पढ़िए...
Donald Trump Calls PM Modi His Friend: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस से तेल खरीदने पर भारत में भारी-भरकम टैरिफ लगाया है, हालांकि अब उन्होंने पीएम मोदी को अपना मित्र बताया है.
2026 में कई देशों में होंगे चुनाव, न्यूजीलैंड से हुआ शंखनाद; 7 नवंबर को डाले जाएंगे वोट
न्यूजीलैंड में इस साल नवंबर में वोटिंग होगी. पीएम क्रिस्टोफर लक्सन ने चुनावी तारीखों का एलान कर दिया है. एक बयान में बताया गया कि न्यूजीलैंड में 7 नवंबर 2026 को वोटिंग होगी.
'अमेरिकी टैरिफ के बाद भारत ने रूस से तेल खरीदना किया बंद', ट्रंप के मंत्री ने फिर किया हवाई दावा
अमेरिका के वित्तमंत्री स्कॉट बेसेंट ने फिर एक बार हवाई दावा किया है. उन्होंने कहा कि अमेरिका के राष्ट्रपति ने इंडिया पर 25 प्रतिशत अतिरिक्त टैरिफ लगा दिया, इसके बाद उसने रूस से तेल खरीदना कम कर दिया है.
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावोस में आयोजित वर्ल्ड इकोनोमिक फोरम में हिस्सा लिया और अपना संबोधन दिया. इस दौरान उन्होंने कई बड़े दावे किए. ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ग्रीनलैंड को लेकर रहेगा.
'यूएस की वजह से है दुनिया में है कनाडा का वजूद', दावोस से डोनाल्ड ट्रंप की कार्नी को कड़ी चेतावनी
Donald Trump: ट्रंप ने दावोस मंच से कहा कि अमेरिका गोल्डन डोम मिसाइल डिफेंस सिस्टम तैयार करने की योजना बना रहा है, जिससे कनाडा की भी रक्षा होगी, लेकिन कार्नी अमेरिका के आभारी नहीं हैं.
'मैंने रुकवाया था भारत-पाक संघर्ष', ट्रंप ने फिर अलापा पुराना राग; दावोस में और क्या-क्या बोले?
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर दोहराया है कि उन्होंने ही भारत और पाकिस्तान के बीच के संघर्ष को रुकवाया था. ट्रंप ने आज दावोस में वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम को संबोधित करते हुए ये बाते कहीं.
Donald Trump Davos 2026 Speech: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ग्रीनलैंड की अपनी जिद से पीछे हटने को तैयार नजर नहीं आते हैं. दावोस में चल रहे वर्ल्ड इकॉनॉमिक फोरम में बोलते हुए ट्रंप ने खुले तौर पर कहा कि यूएस किसी भी हालत में ग्रीनलैंड को पाकर रहेगा.
डोनाल्ड ट्रंप के अमेरिकी राष्ट्रपति के तौर पर दूसरे कार्यकाल का एक साल पूर हो गया है. पिछले एक साल में ट्रंप ने कई बड़े फैसले लिए, जिसने सभी को चौंकाया है. उन्होने भारत पर भी दबाव बनाने की पूरी कोशिश की, लेकिन उनका दांव उल्टा पड़ गया.
Canadian PM In World Economic Forum: कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने स्विट्जरलैंड के दावोस में चल रहे वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में (WEF) में बड़ी चेतावनी दी है.
माथे पर तिलक लगाना बना ‘गुनाह’! स्कूल बोला- तिलक हटाओ या स्कूल छोड़ो, पैरंट्स ने उठा लिया बड़ा कदम
Controversy Over Tilak on Forehead in School: सनातन धर्म में माथे पर तिलक लगाना सामान्य परंपरा है. जिसे ईश्वर का आशीर्वाद माना जाता है. लेकिन एक प्राइवेट स्कूल ने इसी तिलक की वजह से 8 साल के बच्चे का जीना दूभर कर दिया. उसके उत्पीड़न से परेशान होकर पैरंट्स ने आखिरकार बड़ा कदम उठा लिया.
Mark Carney Speech In World Economic Forum : वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में अपने भाषण के दौरान कनाडाई पीएम मार्क कार्नी ने वैश्विक व्यवस्था को लेकर बड़ा बयान दिया है.
chernobyl power plant blackout: यूक्रेन के चेरनोबिल न्यूक्लियर प्लांट में रूस के हमले के बाद बिजली कटने से सुरक्षा पर खतरा पैदा हुआ, लेकिन बैकअप सिस्टम से बड़ी दुर्घटना टली है. प्लांट की बिजली बहाल हो गई है और फिलहाल लोगों व पर्यावरण के लिए कोई सीधा खतरा नहीं है.
Two teachers dismissed by Bangladesh:बांग्लादेश की एक निजी यूनिवर्सिटी से दो शिक्षकों को ईशनिंदा के आरोप में हटाए जाने पर अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन ने कड़ी आपत्ति जताई है. संगठन का कहना है कि बिना जांच पूरी हुए और बचाव का मौका दिए यह कार्रवाई अकादमिक स्वतंत्रता और न्याय के मूल सिद्धांतों के खिलाफ है. जानते हैं पूरा मामला.
France Canada call for solidarity:अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ग्रीनलैंड खरीदने और कनाडा को लेकर बयान के बाद वैश्विक राजनीति गरमा गई है. दावोस में फ्रांस और कनाडा ने मिडिल पावर देशों से एकजुट होने की अपील की है. नेताओं ने कहा कि महाशक्तियों का दबाव दुनिया को खतरनाक मोड़ पर ले जा रहा है.
टोरंटो में गूंजा ‘इंडिया-कनाडा एआई डायलॉग 2026’, जिम्मेदार तकनीक पर जोर
समावेशी, जिम्मेदार और समाज के हित में काम करने वाली आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस में भारत की अहम भूमिका को रेखांकित करते हुए कनाडा के टोरंटो शहर में भारतीय वाणिज्य दूतावास ने इंडिया-कनाडा एआई डायलॉग 2026 का आयोजन किया
Donald Trump on NATO: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक बार फिर नाटो पर खुलकर बरस रहे हैं. उन्होंने कहा कि उनके बिना नाटो कुछ भी नहीं है.अगर मैं नहीं होता तो आज NATO नहीं होता!
Donald Trump: इन दिनों ग्रीनलैंड को लेकर काफी ज्यादा बहस छिड़ी है. इसी बीच डेनमार्क के एक सांसद ने अमेरिकी प्रेसिडेंट ट्रंप को कहा भाड़ में जाओ, ग्रीनलैंड बिकने के लिए नहीं है.
मचाडो के नोबेल गिफ्ट से गदगद हैं ट्रंप, वेनेजुएला की सत्ता में दे सकते हैं अहम रोल!
Venezuela Maria Corina Machado gifts her Nobel Peace Prize to Trump:वेनेजुएला की विपक्षी नेता मारिया कोरिना मचाडो ने जबसे अपना नोबेल शांतिपुरस्कार ट्रंप को गिफ्ट किया है, तब सेअमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का रुख मचाडो को लेकर अचानक बदल गया है. ट्रंप इतने गदगद हुए हैं कि वे मचाडो को वेनेजुएला की सत्ता में किसी अहम भूमिका में देख सकते हैं.
Trump board of peace: ट्रंप ने बोर्ड ऑफ पीस की स्थापना की योजना पेश की है, जिसका नियाभर के संघर्षों को सुलझाना और स्थायी शांति लाना है. हालांकि इसके महंगे सदस्यता शुल्क और अमेरिकी प्रभुत्व के कारण कई देशों ने इसमें शामिल होने को लेकर सवाल उठाए हैं.
अमेरिका के बॉर्डर अब सुरक्षित, कड़े सीमा सुरक्षा नियमों से मिली सफलता : ट्रंप
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि उनकी सरकार ने देश की सीमाओं पर नियंत्रण बहुत कड़ा कर दिया है। उनका दावा है कि सख्त कार्रवाई की वजह से अवैध रूप से अमेरिका में आने वालों की संख्या में बड़ी गिरावट आई है और कई गंभीर अपराधियों को देश से बाहर निकाला गया है।
Diego Garciaट्रंप के लिए हर दिन नई समस्या जन्म ले लेती है. अभी ग्रीनलैंड पर अपने कब्जे को लेकर वो तीखी बयानबाजियां दे रहे थे कि इसी बीच हिंद महासागर में मौजूदडिएगो गार्सिया मिलिट्री बेस ने उनकी चिंता बढ़ा दी है.
Brazil Lula criticises Trump:ब्राजील के प्रेसिडेंट लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा ने डोनाल्ड ट्रंप पर जमकर निशाना साधा है. उनका कहना है कि ट्रंप ट्विटर (अब X) से दुनिया पर राज करना चाहते हैं, हर दिन कुछ नया बोलते हैं. इंसानों को चेहरा देखकर सम्मान देना चाहिए, न कि ऑब्जेक्ट समझना. इसके साथ ही लूला ने सोशल मीडिया की लत छोड़ने और मानवता लौटाने की अपील की. जानें पूरी रिपोर्ट.
Trump defends tariffs: ट्रंप ने अपने टैरिफ की नीति का बचाव करते हुए कहा कि इससे अमेरिका का व्यापार घाटा घटा है, आर्थिक निवेश बढ़ा है और आम अमेरिकियों को $2,000 तक का भुगतान किया जा सकता है. उन्होंने टैरिफ को राष्ट्रीय सुरक्षा और राजस्व के लिए भी जरूरी बताया है.
JD Vance: अमेरिका के वाइस प्रेसिडेंट जेडी वेंस चौथी बार पिता बनने जा रहे हैं. उन्होंने इंस्टाग्राम पर इस खबर के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि मां और बच्चा दोनों पूरी तरह से स्वस्थ हैं.
डोनाल्ड ट्रंप ने ऑफिस में एक साल किए पूरे, अमेरिका की कहानी सुनिए उनकी ही जुबानी!
Second term of Trump: ट्रंप के दूसरे कार्यकाल का एक साल पूरा होने पर अमेरिका में उनकी नीतियों के खिलाफ देशभर में विरोध प्रदर्शन हुए और सरकार पर देश के इज्जत को कम करने का आरोप लगा है. वहीं ट्रंप ने इन आलोचनाओं के बीच अपनी उपलब्धियां गिनाई हैं और कहा कि उनकी सरकार ने अब तक सबसे ज्यादा काम किया है.
हुगली के रत्नपुर की रहने वाली मोमिता 18 जनवरी को PM मोदी की रैली में सिंगूर आई थीं। मोमिता को उम्मीद थी कि पीएम टाटा के प्लांट पर कुछ बोलेंगे, लेकिन उन्होंने इस बारे में कुछ नहीं कहा। ये वही सिंगूर और टाटा का प्लांट है, जिसके खिलाफ 2008 में आंदोलन खड़ा कर ममता बनर्जी CM बनी थीं। BJP के प्रदेश अध्यक्ष सामिक भट्टाचार्य ने सिंगूर में टाटा की वापसी कराने का वादा किया है। इससे माना जा रहा है कि मार्च-अप्रैल में होने वाले विधानसभा चुनाव में BJP इस मुद्दे को उठाने वाली है। PM मोदी बीते एक महीने में दो बार पश्चिम बंगाल आ चुके हैं। सिंगूर में जहां जॉब-विकास पर फोकस रहा, वहीं मालदा के जरिए उत्तरी दिनाजपुर और मुर्शिदाबाद तक घुसपैठ और हिंदुत्व का मैसेज दिया गया। सिंगूर और मालदा के जरिए BJP ने हुगली, मालदा, मुर्शिदाबाद और उत्तरी दिनाजपुर की 59 विधानसभा सीटों पर दांव खेला है। PM मोदी की जनसभा से क्या हासिल हुआ, पढ़िए रिपोर्ट… सिंगूर में टाटा का जाना अब भी मुद्दासिंगूर पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता से करीब 40 किमी दूर है। 2006 में मुख्यमंत्री बुद्धदेव भट्टाचार्य की सरकार ने टाटा ग्रुप को नैनो कार बनाने के लिए 1 हजार एकड़ जमीन दी थी। इसके खिलाफ किसानों ने विरोध किया। ममता बनर्जी तब विपक्ष में थीं। उन्होंने सरकार के फैसले के खिलाफ 21 दिन की भूख हड़ताल की और आंदोलन का चेहरा बन गईं। दो साल चले टकराव के बाद 2008 में टाटा मोटर्स ने अपनी फैक्ट्री सिंगूर से गुजरात के साणंद में शिफ्ट कर दी। अब BJP ने सिंगूर में टाटा की वापसी के वादे करने शुरू कर दिए हैं। पार्टी के पश्चिम बंगाल अध्यक्ष सामिक भट्टाचार्य ने PM की रैली के अगले दिन सिंगूर की एक जनसभा में कहा, ‘सिंगूर में टाटा ने जो जमीन कार फैक्ट्री के लिए ली थी, वहीं ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री बनाई जाएगी।’ मोदी की रैली में चंद्रपुर से सिंगूर आई मोमिता को टाटा के विरोध वाला पुराना वक्त याद है। वे पति और बेटी के साथ पीएम को सुनने आई थीं। उन्हें उम्मीद है कि BJP की सरकार आने से सिंगूर में इंडस्ट्री लगेगी। इससे रोजगार मिलेगा और बिजनेस भी शुरू हो जाएगा। 2006 का जिक्र करते हुए मोमिता कहती हैं, ‘यहां बहुत दिनों तक धरना चला था। इससे सिंगूर के लोगों का बहुत नुकसान हुआ। प्लांट बन रहा था, इसलिए कई लोग बाहर से आए थे। हम लोगों ने घर किराए पर दिए थे। नैनो का प्रोजेक्ट जाने से वे लोग भी चले गए। हमारी कमाई खत्म हो गई। अगर दोबारा प्लांट शुरू होता है, तो काम-धंधा बढ़ेगा।’ ‘प्रधानमंत्री ने पूरे राज्य के लिए इंडस्ट्री शुरू करने, रोजगार देने, भ्रष्टाचार और जंगलराज खत्म करने की बात कही है। उन्होंने कहा कि बंगाल में इंडस्ट्री और इन्वेस्टमेंट तभी आएगा, जब कानून व्यवस्था अच्छी होगी। अगर आप लोग BJP को वोट देंगे, तो राज्य से सिंडिकेट राज खत्म हो जाएगा। हालांकि सिंगूर में फैक्ट्री लगाने पर वे कुछ नहीं बोले। इससे निराशा हुई है।’ ‘अधूरे वादों की वजह से लोग ममता के खिलाफ गुस्से में’सीनियर जर्नलिस्ट सुमन चट्टोपाध्याय कहते हैं, ‘BJP ने ऐसा माहौल बनाया है कि पीएम सिंगूर में इंडस्ट्री लाएंगे। पश्चिम बंगाल की राजनीति में सिंगूर की अहम भूमिका रही है। लोगों ने अपनी जमीन के लिए आंदोलन किया, 34 साल की सत्ता बदली और उन्हें ममता बनर्जी में उम्मीद दिखी।’ ‘हालांकि ममता बनर्जी के वादे पोस्टर तक रह गए। इससे लोग गुस्सा हैं। BJP ने कोई वादा नहीं किया, लेकिन विकास की बातें कही हैं। पीएम ने सिंगूर के पास धूनिया गांव की चर्चा की, जहां साड़ियां बनती हैं। उन्होंने इसे ग्लोबल करने की बात कही। रोजगार यहां बड़ा मुद्दा है। लोग इस पर वोट करते हैं।’ PM का भाषण सुनने आए संजय मित्रो भी यही बात कहते हैं। टाटा प्लांट का जिक्र न होने पर उम्मीद जताते हुए कहते हैं- प्रधानमंत्री ने सिंगूर के विकास की बात कही है। इससे साफ है कि टाटा का प्रोजेक्ट यहां फिर आएगा। इससे लोगों को रोजगार मिलेगा। वहीं पिंकी मिश्रा कहती हैं, ‘अगर PM ने इस जगह को सभा के लिए चुना है, तो इसमें जरूर कोई खास बात होगी। उम्मीद है जिस प्लांट को यहां से भगाया गया था, उसे दोबारा लगाया जाए। ‘बंगाल में बेरोजगारी, यही मैसेज देने के लिए PM सिंगूर आए’सीनियर जर्नलिस्ट विश्वभर नेवर कहते हैं कि ममता बनर्जी के आंदोलन की वजह से टाटा को अपना सारा समान लेकर जाना पड़ा। सिंगूर में इंडस्ट्री नहीं लग पाई। लोगों को उम्मीद थी कि PM मोदी अपने भाषण में टाटा का जिक्र करेंगे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। BJP लंबे वक्त से प्रचार कर रही है कि ममता बनर्जी ने टाटा को भगाया, इसलिए यहां कोई इंडस्ट्री नहीं लगी।’ हालांकि सीनियर जर्नलिस्ट विनय बिहारी सिंह का नजरिया थोड़ा अलग है। वे कहते हैं, ‘PM मोदी ने टाटा प्लांट पर भले एक शब्द नहीं कहा, लेकिन जाहिर कर दिया कि अगर हमें सत्ता मिलेगी तो विकास जरूर होगा। इसलिए सिंगूर को चुना गया, ताकि लोगों तक साफ मैसेज जा सके।’ सीनियर जर्नलिस्ट अहमद हसन इमरान जनसभा के लिए सिंगूर को चुनने पर कहते हैं, ‘यहां मुस्लिम आबादी बहुत कम है। इसलिए हिंदुत्व की राजनीति नहीं की जा सकती। मोदी ने भले टाटा के प्लांट का जिक्र नहीं किया।’ ‘सिंगूर से बंगाल के लोगों को काम मिलेगा’प्रधानमंत्री के भाषण में सिंगूर में टाटा प्लांट का जिक्र न होने पर BJP प्रवक्ता देवजीत सरकार कहते हैं, ‘सिंगूर पश्चिम बंगाल की राजनीति के लिए प्रतीकात्मक जगह है। यहां से राजनीति में बदलाव आया है। पीएम ने जनसभा के दौरान कई प्रोजेक्ट का जिक्र किया। ट्रेन, पोर्ट की योजनाओं का शिलान्यास किया। ये सब सिंगूर के लिए भी हैं। इनके पूरा होने के बाद बंगाल के लोगों को काम मिलेगा।’ मालदा में मुस्लिम वोट बंटे तो BJP फायदे मेंपीएम मोदी ने सिंगूर के अलावा दूसरी रैली मालदा में की। आम के लिए मशहूर मालदा में करीब 63% मुस्लिम वोटर हैं। SC वोटर 29% और ST वोटर 9.49% हैं। मालदा की सीमा बांग्लादेश से लगती है। यह TMC का गढ़ है और BJP यहां जगह बनाने की कोशिश कर रही है। PM मोदी ने मालदा में घुसपैठ का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि बंगाल के सामने बहुत बड़ी चुनौती घुसपैठ की है। पश्चिम बंगाल से घुसपैठियों को बाहर निकालना बहुत जरूरी है। ये लोग गरीबों और मेहनतकशों के हक छीन रहे हैं। सीनियर जर्नलिस्ट विश्वभर नेवर बताते हैं, ‘मालदा कभी कांग्रेस का गढ़ था। कांग्रेस के अब्दुल गनी खां 1980 से 2004 तक लगातार 8 बार सांसद रहे। उनके परिवार का 73 साल से मालदा में दबदबा है। पिछले कुछ समय से मालदा और मुर्शिदाबाद के मुस्लिम वोटों को भी बांटने की कोशिश की जा रही है।’ ‘पिछले दिनों TMC ने भरतपुर सीट से विधायक हुमायूं कबीर को पार्टी से निकाल दिया। उन्होंने अपनी पार्टी बना ली। दूसरी ओर असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी AIMIM भी यहां काम कर रही है। मुस्लिम वोट बंटेंगे, तो सीधा फायदा BJP को मिलेगा।’ ‘पिछले रिजल्ट देखें तो 2016 में BJP मालदा जिले में एक भी सीट नहीं जीत पाई थी। 2021 में रिजर्व सीटों पर उसे जीत मिली। यहां हिंदुओं को एकजुट करने के लिए BJP ने पीएम की जनसभा कराई है। अगर मुस्लिम वोट ओवैसी और हुमायूं कबीर की पार्टी में बंटे तो BJP की सीटें बढ़ सकती हैं।’ मालदा के जरिए मुर्शिदाबाद और दिनाजपुर भी साधासीनियर जर्नलिस्ट और राज्यसभा सांसद रहे चुके अहमद हसन इमरान कहते हैं, ‘PM की जनसभा के लिए मालदा को चुनने की वजह साफ है। मालदा तो मुस्लिम बहुल इलाका है ही, आसपास के जिलों मुर्शिदाबाद में 70% और उत्तर दिनाजपुर में 51% भी मुस्लिम आबादी है। यहां BJP को हिंदुत्व की राजनीति करने में आसानी होगी। मालदा के आदिवासी और दलित आबादी वाले एरिया में वे हिंदुओं को एकजुट कर सकेंगे। पिछले चुनाव में भी BJP ने आदिवासी क्षेत्र की हबीबपुर सीट जीती थी।’ वे आगे कहते हैं, ‘PM मोदी ने मालदा में घुसपैठ पर बात की। मालदा, उत्तरी दिनाजपुर और मुर्शिदाबाद जिले बॉर्डर से सटे हैं। यहां घुसपैठ का मुद्दा उठाकर हिंदू वोटर्स को एक तरफ किया जा सकता है। लगातार घुसपैठ की वजह से डेमोग्राफी बदल रही है। मालदा और मुर्शिदाबाद में दंगे भी हुए है। घुसपैठ पश्चिम बंगाल के लिए बहुत बड़ा मुद्दा है। दुनिया के अमीर देश घुसपैठियों को भगा रहे हैं। पश्चिम बंगाल में भी ऐसी ही नीति की जरूरत है।’ ........................ये खबर भी पढ़ेंजीरो सैलरी लेकर सबसे अमीर पार्टी संभालेंगे नितिन नबीन करीब 18 करोड़ सदस्य, देश के हर जिले में अपना ऑफिस, मजबूत जमीनी कैडर, 20 राज्यों में सरकारें, ये बातें BJP को देश की सबसे बड़ी पार्टी बनाती हैं। नितिन नबीन पार्टी के 12वें राष्ट्रीय अध्यक्ष बन गए हैं। उन्हें नई जिम्मेदारी के बदले सैलरी नहीं मिलेगी, लेकिन वे जिस पार्टी को संभालने जा रहे हैं, वह कमाई, ऑफिस इन्फ्रास्ट्रक्चर और सदस्यों के मामले में कांग्रेस जैसी पार्टियों से मीलों आगे है। पढ़ें पूरी खबर...
ट्रंप की ग्रीनलैंड की दावेदारी से जानें चीन क्यों नाराज है लेकिन रूस है खुश?
रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने संकेतों में ट्रंप के दावे का समर्थन करते हुए कहा है कि ग्रीनलैंड प्राकृतिक रूप से डेनमार्क का हिस्सा नहीं है और उपनिवेश काल से ही इसके स्वामित्व को लेकर सवाल उठते रहे हैं।
मैक्रों की न सुनकर बुरी तरह बौखलाए ट्रंप, फ्रांसीसी वाइन पर 200 प्रतिशत टैरिफ लगाने की धमकी
पत्रकारों से बातचीत में ट्रंप ने मैक्रों पर सीधा हमला बोला। उन्होंने कहा, “कोई उन्हें नहीं चाहता, क्योंकि वह बहुत जल्द पद से हटने वाले हैं। मैं उनकी वाइन और शैंपेन पर 200 प्रतिशत टैरिफ लगाऊंगा और तब वह बोर्ड में शामिल हो जाएंगे। हालांकि, उन्हें शामिल होने की जरूरत नहीं है।”
ट्रुथ सोशल पर साझा की गई एक एआइ तस्वीर में अमेरिकी मानचित्र को बदले हुए रूप में दिखाया गया है, जिसमें ग्रीनलैंड के साथ-साथ वेनेजुएला और कनाडा को भी अमेरिका के हिस्से के तौर पर दर्शाया गया है।
DNA: एक साल में डॉनल्ड ने कैसे उथल-पुथल मचाई? एक साल में ट्रंप मालामाल, दुनिया कंगाल!
Donald Trump News:अपने निजी फायदे के लिए ट्रंप ने हर तरीके का इस्तेमाल किया. जो ट्रंप पहले क्रिप्टो को घोटाला बताते थे, उन्होंने चुनाव जीतने के बाद क्रिप्टो से जुड़े कई वेंचर शुरू कर दिए. वर्ल्ड लिबर्टी फाइनेंशियल, ट्रंप कॉइन से उन्होंने काफ़ी कमाई की.
संभावित मंदी की भरपाई कैसे करता है अमेरिका? क्या बताता है 132 साल पुराना कामयाब फॉर्मूला
US News:अमेरिका की वॉर टाइमिंग बता रही है साल 1893 से लेकर 2026 तक अमेरिका इसी एक सूत्रीय कामयाब फॉर्मूले से काम कर रहा है. जानकारों का मानना है कि ये ऐसा रामबाण उपाय है जिसकी वजह से डॉलर की सेहत आज 100 सालों बाद भी एकदम दुरुस्त बनी हुई है. दुनिया का करीब आधा बिजनेस आज भी यूएस डॉलर में होता है.
हादसा या साजिश... नदी में मिला बांग्लादेश में हिंदू छात्र का शव; 9 दिन पहले घर से हुआ था लापता
बांग्लादेश में एक हिंदू छात्र का शव नदी में मिला है. इसके बाद इलाके में सनसनी फैल गई. जिस छात्र का शव मिला है, वह एक सरकारी कॉलेज में मैनेजमेंट डिपार्टमेंट में पढ़ाई करता था.
Bangladesh Election 2026 News in Hindi: बांग्लादेश में अगले महीने होने जा रहे संसदीय चुनाव में 2568 उम्मीदवारों ने नामांकन भरा है. हैरानी की बात है कि उनमें से महिलाओं की संख्या महज 109 है. महिला उम्मीदवारों की यह संख्या 'इस्लामिक' बांग्लादेश का काला सच उजागर करती है.
Emmanuel Macron: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ग्रीनलैंड पर कब्जा करने की धमकी को लेकर अब फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने जवाब दिया है. उन्होंने कहा कि EU को एकजुट होकर इसका विरोध करना चाहिए.
Greenland: अमेरिकी नागरिकों की सुरक्षा पर होने वाले खर्च का बिल ट्रंप, ग्रीनलैंड के नाम पर फाड़ना चाहते हैं. क्या वो कंफ्यूज हैं, इसलिए अनाप-शनाप फैसले ले रहे हैं. एक्सपर्ट्स का कहना है कि अगर उन्हें लगता है कि वे बर्फ की चादर के नीचे कथित रूप से दबे रेयर अर्थ मिनरल्स तक पहुंच सकते हैं, तो संभव है कि ये उनके दिमाग का फितूर साबित हो.
Mauritius-UK Chagos Islands Dispute News: अंतरराष्ट्रीय न्यायालय के आदेश के बाद चागोस द्वीप समूह मॉरीशस को सौंपने के यूके के फैसले को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ी मूर्खता बताया है. उन्होंने कहा कि इस फैसले से चीन-रूस ने यूके की बड़ी कमजोरी भांप ली है.
Donald Trump Greenland Latest News: ग्रीनलैंड को किसी भी तरह हासिल करने की जिद अमेरिका के लिए महंगी पड़ सकती है. उसके खिलाफ अब यूरोप के देशों ने ही मोर्चा खोल दिया है. ब्रिटेन से भी इसके खिलाफ आवाज बुलंद हुई है.
Oldest River In World: दुनिया की सबसे प्राचीन नदी गंगा या नील नहीं, बल्कि ऑस्ट्रेलिया नॉर्दर्न टेरिटरी में बहती है, जिसका नाम फिंके नदी है. इस नदी को डायनासोर से भी पुराना माना जाता है.
Trump Threatens 200% Tariffs On France:फ्रांस का गाजा से जुड़े ट्रंप के ‘बोर्ड ऑफ पीस’ में शामिल होने से इनकार करने के बाद से ही ट्रंप गुस्सा हो गए हैं. हद तो तब हो गई जब ट्रंप ने फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों का प्राइवेट संदेश भी लीक कर दिया है. जिससे दोनों देशों में तनाव बढ़ गया है.
कभी कैमरों के सामने मिडिल फिंगर, कभी पूर्व राष्ट्रपति बाइडेन की सेहत पर तंज, तो कभी ट्रांसजेंडर समुदाय का मजाक और कभी विदेशी राष्ट्राध्यक्षों की मिमिक्री। आज, डोनाल्ड ट्रम्प के राष्ट्रपति बनने के एक साल पूरे होने पर देखिए वो विवादित वायरल मोमेंट्स, जिन्होंने राष्ट्रपति पद की मर्यादा को कटघरे में खड़ा कर दिया। वीडियो देखने के लिए ऊपर तस्वीर पर क्लिक कीजिए।
फैक्ट चेक: ईरान से पलायन करते लोगों के दावे से नेपाल का वीडियो वायरल
बूम से बातचीत में वीडियो बनाने वाले प्रदीप शाही ने बताया कि यह वीडियो उन्होंने नेपाल स्थित डोलपा जिले के रूप पाटन क्षेत्र में रिकॉर्ड किया था.
कहीं दो टर्म, कहीं अनलिमिटेड सत्ता: दुनिया में कौन कितनी देर तक शासक बन सकता है
अलग-अलग देशों में राष्ट्रपति या प्रधानमंत्री के कार्यकाल अलग-अलग होते हैं, कुछ देशों में ऐसे नियम हैं कि सिर्फ एक बार ही इन पदों तक पहुंचा जा सकता है, चलिए जानते हैं कि कहां क्या नियम है.
117 अपराधों का दोषी!आदिवासियों पर ढाए थे हैवानियत भरे जुल्म, पहले ड्रग तस्करी में अमेरिका में हुई जेल, अब देश में पहुंचते ही 40 साल की सजा
ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शनों के बीच हैकर्स ने सरकारी टीवी चैनलों को हैक कर निर्वासित क्राउन प्रिंस रजा पहलवी के समर्थन वाले वीडियो चला दिए. वहीं प्रदर्शन कुचलने में अब तक 4,029 लोगों की मौत का दावा किया गया है. हालात पर अमेरिका-ईरान तनाव बढ़ गया है और अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर मिडिल ईस्ट की ओर बढ़ रहा है.
Holocaust: क्या आप इंसानी इतिहास के सबसे क्रूर फैसले के बारे में जानते हैं? जी हां, बिल्कुल जानते होंगे, नाजियों के जरिए यहूदियों के कत्ल की कहानी तो सारी दुनिया जानती है, आज हम आपको उस मीटिंग के बारे में बताने जा रहे हैं, जहां जिसमें होलोकास्ट की पटकथा लिखी गई थी.
अफगानिस्तान: काबुल के सबसे सुरक्षित माने जाने वाले इलाके में जोरदार धमाका, कई लोग हताहत
अफगानिस्तान की राजधानी काबुल के शहर-ए-नवा इलाके में जबरदस्त विस्फोट में कई लोगों के मारे जाने की खबर है। स्थानीय मीडिया ने इसकी जानकारी दी है
एआई चिप्स पर अमेरिकी कांग्रेस की चेतावनी: तय करेंगे भविष्य की ताकत
अमेरिका के सांसदों ने चेतावनी दी है कि एडवांस्ड आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस चिप्स के निर्यात से जुड़े फैसले भविष्य की सैन्य और आर्थिक ताकत तय कर सकते हैं
Trump links nobel to greenland acquisition: अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप ने नोबेल शांति पुरस्कार न मिलने को ग्रीनलैंड पर कड़ा रुख अपनाने का कारण बताया है, जबकि नॉर्वे ने साफ किया कि नोबेल पुरस्कार देने का अधिकार उनकी सरकार के पास नहीं है. ग्रीनलैंड और डेनमार्क ने ट्रंप के प्रस्ताव का विरोध किया है और वहां के लोग अपने भविष्य का निर्णय खुद करेंगे.
India-Bangladesh Tension: भारत और बांग्लादेश के बीच जारी तनाव के बीच बांग्लादेश की अंतरिम सरकार ने चीन के राजदूत याओ वेन को तीस्ता नदी परियोजना क्षेत्र का दौरा करने की अनुमति दी है. यह इलाका भारत के रणनीतिक रूप से बेहद संवेदनशील सिलीगुड़ी कॉरिडोर, जिसे ‘चिकन नेक’ कहा जाता है, के काफी नजदीक स्थित है. करीब 22 किलोमीटर चौड़ा यह संकरा भू भाग भारत की मुख्य भूमि को उसके पूर्वोत्तर राज्यों से जोड़ता है.
CEO of Iran second-biggest phone company fired:ईरान सरकार ने देश की दूसरी सबसे बड़ी टेलीकॉम कंपनी इरानसेल (Irancell) के CEO को बर्खास्त कर दिया है. आरोप है कि कंपनी ने सरकार के आदेश के बावजूद इंटरनेट पूरी तरह बंद नहीं किया. यह कार्रवाई आर्थिक संकट के बीच हो रहे विरोध-प्रदर्शनों और सूचना नियंत्रण की कोशिशों से जुड़ी है।
ग्रीनलैंड पर जंग की आहट? US ने एक्टिव किया वॉर मोड; जल्द ही फाइटर जेट तैनात करेंगे ट्रंप!
US fighter Jets Greenland: अमेरिका ने ग्रीनलैंड में अपने सैन्य अड्डे पर लड़ाकू विमान तैनात करने की तैयारी शुरू कर दी है. यह कदम ऐसे समय पर उठाया गया है, जब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ग्रीनलैंड को खरीदने की बात को लेकर यूरोपीय देशों पर दबाव बढ़ा रहे हैं. अमेरिका का कहना है कि यह तैनाती पहले से तय रक्षा गतिविधियों का हिस्सा है. इसमें डेनमार्क और कनाडा के साथ पूरा तालमेल रखा गया है.
करीब 18 करोड़ सदस्य, देश के हर जिले में अपना ऑफिस, मजबूत जमीनी कैडर, 20 राज्यों में सरकारें, ये बातें BJP को देश की सबसे बड़ी पार्टी बनाती हैं। बिहार की बांकीपुर सीट से विधायक नितिन नबीन आज यानी 20 जनवरी को BJP की जिम्मेदारी पूरी तरह संभाल लेंगे। 14 दिसंबर 2025 को कार्यकारी अध्यक्ष बनाए गए नितिन नबीन BJP के 12वें राष्ट्रीय अध्यक्ष होंगे। नितिन नबीन को नई जिम्मेदारी के बदले सैलरी नहीं मिलेगी, लेकिन वे जिस पार्टी को संभालने जा रहे हैं, वह कमाई, ऑफिस इन्फ्रास्ट्रक्चर और सदस्यों के मामले में कांग्रेस जैसी पार्टियों से मीलों आगे है। BJP ने न सिर्फ हर जिले में ऑफिस बनाए हैं, बल्कि खर्च निकालने के लिए एफडी सिस्टम भी तैयार कर लिया है। कांग्रेस लीडर अजय माकन ने दिसंबर 2025 में राज्यसभा में कहा था कि BJP के अकाउंट में 10,107 करोड़ रुपए हैं। ये रकम कांग्रेस से 75 गुना ज्यादा है। ऑफिस और इंफ्रास्ट्रक्चर: 772 जिलों में अपनी जमीन2014 से पहले जिलों में BJP के करीब 200 स्थायी ऑफिस थे। पार्टी ने 2014 के लोकसभा चुनाव के लिए प्रचार शुरू किया, तो उसे इन्फ्रास्ट्रक्चर के मामले में बहुत जूझना पड़ा। तब पार्टी की कमान मौजूदा गृहमंत्री अमित शाह के पास थी। चुनाव जीतने के बाद उन्होंने हर जिले में पार्टी का ऑफिस बनाने का प्लान तैयार किया। अब BJP के पास देश के 772 जिलों में ऑफिस या ऑफिस के लिए रजिस्टर जमीनें हैं। अगले लोकसभा चुनाव से पहले 70 और ऑफिसों के लिए जमीन या बिल्डिंग खरीदने की प्रोसेस पूरी हो जाएगी। हर जिले में BJP का कम से कम एक ऑफिस तैयार हो चुका है। दैनिक भास्कर की टीम दिल्ली में BJP के डिस्ट्रिक्ट ऑफिसों में पहुंची। देखा कि इन्हें कैसे बनाया गया है, क्या सुविधाएं हैं और कितनी क्षमता है। पहला ऑफिस: साउथ दिल्लीहम साउथ दिल्ली के ऑफिस पहुंचे। इसमें अंदर घुसते ही पहले लंबा-चौड़ा हॉल दिखता है। यहां हमें डिस्ट्रिक्ट प्रेसिडेंट राजकुमार चौटाला मिले। वे बताते हैं, ‘इस हॉल में 200 से 250 लोग बैठ सकते हैं। इसके पीछे पैंट्री एरिया है। यहां एक साथ 100 लोग खाना खा सकते हैं।’ राजकुमार ने हमें सीढ़ियों से ऊपर चलने के लिए कहा। ऊपर जिला अध्यक्ष, जिला उपाध्यक्ष और जिला मंत्री के केबिन बने हैं। एक जगह रुककर बोले, ‘देखिए ये लाइब्रेरी की जगह है। अभी किताबें कम हैं, पर इसे अच्छे से बनाएंगे।’ यहीं एक कॉन्फ्रेंस हॉल है, जिसमें 20-25 लोग बैठ सकते हैं। राजकुमार एक स्टोर रूम की तरह दिखने वाले कमरे में ले गए। वहां 5 कुर्सियां रखी थीं। वे कहते हैं, ‘चुनाव के दौरान यहां सोशल मीडिया का काम होता है। आप इसे इलेक्शन वॉर रूम की तरह कह सकते हैं, लेकिन असली वॉर रूम बेसमेंट में है।’ राजकुमार हमें बेसमेंट में ले गए। यहां करीब 100 लोगों के बैठने का इंतजाम है। कुर्सियां लगी हैं और उनके सामने लैपटॉप या डेस्कटॉप के लिए प्लेटफार्म बना है। राजकुमार बताते हैं, ‘लोकसभा और विधानसभा चुनाव में यहां 100 लोग सोशल मीडिया की कमान संभाले हुए थे।’ इसके बाद राजकुमार हमें सेकेंड फ्लोर पर ले गए। यहां 2 गेस्ट रूम बने हैं। वे कहते हैं, ‘चुनाव के दौरान दूसरे राज्यों से 5 लोग आए थे। वे यहीं रुके थे। कमरों के सामने किचन है।’ राजकुमार चौटाला कहते है, ‘3 साल पहले हमारे पास अपना ऑफिस नहीं था। कार्यकर्ताओं के घर कार्यक्रम करते थे। अब घर तो घर ही जैसे होंगे। वहां कितने लोग आएंगे। कार्यकर्ताओं की एक-दूसरे से बनती भी नहीं है। अब ये ऑफिस है। इसमें किसी की धौंस नहीं चलती। ये पार्टी की प्रॉपर्टी है।’ जगह: महरौली, साउथ दिल्लीमहरौली में बने BJP ऑफिस का उद्घाटन 7 जुलाई 2025 को हुआ था। यहां मिले जिला अध्यक्ष रणवीर तंवर ने बताया कि ऑफिस 470 गज जमीन पर बना है। वहीं, BJP के प्रदेश कोषाध्यक्ष सतीश गर्ग बताते हैं, ‘दिल्ली में 14 नए डिस्ट्रिक्ट ऑफिस का उद्घाटन हो चुका है। पार्टी ने हर लोकसभा सीट पर दो डिस्ट्रिक्ट ऑफिस बनाए हैं।’ BJP के डिस्ट्रिक्ट ऑफिस कंस्ट्रक्शन एंड मैनेजमेंट में हमारे सोर्स बताते हैं, हमने हर जिले में ऑफिस बनाने का टारगेट रखा था। इससे पहले 200 ऑफिस ऐसे थे, जिसकी जमीन और बिल्डिंग की मालिक पार्टी थी। इन ऑफिसों को भी नए नक्शे के मुताबिक बनाया गया। जहां जमीन कम थी, उसका एक्सटेंशन किया, जहां रेनोवेशन की जरूरत थी, उसे रेनोवेट किया है। 562 दफ्तरों के लिए जमीन खरीदी, 386 नए और 44 दोबारा बनाए, 170 रेनोवेट2014 से पहले जिलों में BJP के करीब 200 स्थायी ऑफिस थे। पार्टी ने 2014 के लोकसभा चुनाव के लिए प्रचार शुरू किया, तो उसे इन्फ्रास्ट्रक्चर के स्तर पर बहुत जूझना पड़ा। सोर्स बताते हैं, ‘खुद के ऑफिस बनाने का आइडिया गृहमंत्री अमित शाह का था। उन्होंने 2014 में चुनाव जीतने के बाद से ही हर जिले में संगठन को मजबूत करने का अभियान शुरू कर दिया था।’ ‘पार्टी लंबे समय से सत्ता में नहीं थी। जिलों में पार्टी प्रोग्राम, बैठक या फिर किसी के रुकने के लिए स्कूल या सामुदायिक भवन लेना पड़ता था। इसलिए प्लान बना कि 2025 तक सभी जिलों में स्थायी ऑफिस बनाए जाएंगे। किराए की बिल्डिंग या फिर किसी कार्यकर्ता के घर से एक भी ऑफिस नहीं चलेगा।’ ‘इस प्लानिंग में एक और हिस्सा जोड़ा गया। ऑफिसों के मामले में पार्टी न सिर्फ हर जिले में आत्मनिर्भर बनेगी, बल्कि आर्थिक रूप से भी हर जिले को आत्मनिर्भर बनाया जाएगा। इसके लिए 2017 में डिस्ट्रिक्ट ऑफिस कंस्ट्रक्शन एंड मैनेजमेंट कमेटी बनाई गई।’ 2018 में दिल्ली के 6 ए दीनदयाल उपाध्याय मार्ग पर BJP का आलीशान ऑफिस तैयार होने के बाद जिलों में ऑफिसों का काम शुरू हुआ। डिस्ट्रिक्ट ऑफिस कंस्ट्रक्शन एंड मैनेजमेंट कमेटी में शामिल सोर्स के मुताबिक, 2018 से लेकर अब तक 562 डिस्ट्रिक्ट ऑफिस के लिए राष्ट्रीय अध्यक्ष के पदनाम पर जमीनों की रजिस्ट्री हो चुकी है। इसमें से 386 नए ऑफिस तैयार हो चुके हैं। करीब 200 ऑफिस पहले से थे। इसी दौरान 170 ऑफिसों का रेनोवेशन कराया गया। 44 से ज्यादा पुराने ऑफिसों को तोड़कर उन्हें नए नक्शे के हिसाब से बनाया गया। 75 ऑफिसों का काम चल रहा है। सोर्स के मुताबिक जिलों में ऑफिस बनाने के लिए 1.5 करोड़ से 2.5 करोड़ रुपए का बजट रखा गया। प्रदेश स्तर के ऑफिस के लिए 3 से 5 करोड़ रुपए का बजट तय है। सोर्स बताते हैं- अगले 4 साल में 4 राज्यों उत्तर प्रदेश, त्रिपुरा, आंध्रप्रदेश, पश्चिम बंगाल के हर जिले में BJP के डिस्ट्रिक्ट ऑफिस बनने हैं। अभी इन राज्यों में ऑफिस काफी कम हैं। जो हैं, उनमें भी ज्यादातर किराए की बिल्डिंग में चल रहे हैं। ऑफिस का खर्च 60 हजार महीना, एक करोड़ की एफडी का प्रपोजलसोर्स बताते हैं, ‘पार्टी संगठन के लिए न सिर्फ स्थायी बिल्डिंग बना रही है, बल्कि उसे बजट के मामले में भी आत्मनिर्भर बनाने की प्लानिंग कर चुकी है। हालांकि, अब तक 5-6% ऑफिस ही महीने के रूटीन खर्चे के लिए स्थायी आमदनी का प्लान लागू कर पाए हैं। बाकी सभी इस पर काम कर रहे हैं।’ ‘हर ऑफिस का महीने का बजट 60 हजार रुपए तय हुआ है। स्थायी आय के लिए एफडी करने के सुझाव पर पार्टी काम कर रही है। डिस्ट्रिक्ट ऑफिस चलाने के लिए कम से कम एक करोड़ की एफडी का प्रस्ताव है, ताकि महीने का करीब 60 हजार रुपए ब्याज आने लगे। ये एफडी जिला इकाई के नाम से होती है।’ एफडी के लिए पैसा कहां से आता है?जिला स्तर के एक पदाधिकारी बताते हैं, ‘एफडी के लिए जिले के कारोबारियों से मिले डोनेशन का इस्तेमाल होता है। इस पर हर महीने जो ब्याज मिलेगा, वो डिस्ट्रिक्ट ऑफिस का होगा। ये रकम महीने के रूटीन खर्च में इस्तेमाल होगी। कारोबारियों का इस्तेमाल ऑफिस में कोई कार्यक्रम स्पॉन्सर करने के लिए भी होता है। कई बार छोटे कारोबारी डोनेशन के तौर पर बिजली का बिल या फिर ऑफिस को आधुनिक बनाने के लिए सामान देते हैं।’ ‘पार्टी हर जिले के बड़े कारोबारियों को पार्टी से जोड़ने के लिए अभियान चलाती है। उन्हें या उनके करीबियों को पार्टी में पद भी दिए गए। BJP की सदस्यता लेने की फीस 100 रुपए है। इससे मिली रकम का इस्तेमाल भी पार्टी के खजाने में होता है।’ ऑफिस में 4-5 कर्मचारी सैलरी पर, पदाधिकारियों को वेतन नहींएक दफ्तर में एक अध्यक्ष, 1 से 3 उपाध्यक्ष और 4 से 5 महामंत्री होते हैं। महामंत्रियों की संख्या कम-ज्यादा हो सकती है। राज्य या जिले फंड देने वाले ऑफिस में अपना एक पदाधिकारी रखना चाहते हैं। महामंत्री के ज्यादातर पद राज्य और जिला स्तर के कारोबारियों या फिर उनके करीबियों के पास हैं। अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और महामंत्रियों को सैलरी नहीं मिलती। ऐसा सिर्फ जिलों में ही नहीं है, पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष को भी सैलरी नहीं मिलती। उनके आने-जाने के लिए गाड़ी, प्लेन या ट्रेन का खर्च और रुकने का इंतजाम पार्टी करती है। राष्ट्रीय अध्यक्ष को सांसद की तरह घर दिया जाता है। प्रदेश अध्यक्ष को भी घर पार्टी देती है। जिला अध्यक्ष को घर नहीं मिलता। पैसा: BJP सबसे अमीर पार्टी, अकाउंट में 10 हजार करोड़BJP देश की सबसे अमीर पॉलिटिकल पार्टी है। 2014 में केंद्र में सरकार बनाने के बाद से पार्टी की कमाई लगातार बढ़ी है। कांग्रेस के कोषाध्यक्ष और राज्यसभा सांसद अजय माकन ने 11 दिसंबर, 2025 को राज्यसभा में कहा था कि BJP के पास कांग्रेस के मुकाबले 75 गुना ज्यादा रकम है। माकन ने कहा कि 2004 के बाद अगले 20 साल में BJP का बैंक अमाउंट 87 करोड़ रुपए से बढ़कर 10,107 करोड़ रुपए हो गया है। इसी दौरान कांग्रेस का अमाउंट 38 करोड़ रुपए से बढ़कर 134 करोड़ रुपए ही हुआ। चुनाव आयोग को दी जानकारी के मुताबिक, BJP के पास 31 मार्च, 2024 तक 7,113 करोड़ रुपए थे। वहीं कांग्रेस के पास 857 करोड़ रुपए थे। एसोसिएशन ऑफ डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स यानी ADR के मुताबिक, 2023-24 में BJP ने 4,340 करोड़ रुपए की आय घोषित की थी। ये रकम देश की सभी 6 नेशनल पार्टियों की कमाई का 74% है। 2014 के लोकसभा चुनाव से पहले BJP ने 2013-14 में 674 करोड़ रुपए की आय घोषित की थी। संगठन: 2 करोड़ सक्रिय सदस्य, 18 करोड़ प्राथमिक सदस्यBJP का दावा है कि वह दुनिया की सबसे बड़ी पॉलिटिकल पार्टी है। उसके 18 करोड़ से ज्यादा प्राथमिक सदस्य हैं। यह संख्या रूस, जापान और ब्रिटेन की आबादी से ज्यादा है। BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष रहे जेपी नड्डा ने सितंबर, 2025 में ऐलान किया था कि BJP दुनिया की सबसे बड़ी पॉलिटिकल पार्टी बन गई है। उसके 14 करोड़ प्राथमिक सदस्य हैं। इनमें दो करोड़ सक्रिय सदस्य हैं। पार्टी सोर्स बताते हैं कि अब प्राथमिक सदस्यों की संख्या 18 करोड़ पार कर गई है। BJP के मुकाबले कांग्रेस की स्थितिजमीन-बिल्डिंग का रिकॉर्ड नहीं, पदाधिकारियों से कहा- पता करके सूचना दो8-9 मई 2025 को कांग्रेस ने गुजरात में मीटिंग की थी। सोर्स बताते हैं, ‘बैठक का मकसद जमीन पर कमजोर हो रहे संगठन को फिर से खड़ा करना था। मीटिंग में हाईकमान ने जिलों में पकड़ बनाने का प्लान बताया। उन्होंने जिला अधिकारी नियुक्ति करने और उन्हें ज्यादा ताकत देने का ऐलान किया। आलाकमान ने सख्ती से कहा कि प्रदेश और जिलों में बंद या निष्क्रिय ऑफिसों की लिस्ट तैयार करें। जिलों में पार्टी की बिल्डिंग और जमीन को भी चिह्नित करें।’ दरअसल पार्टी की खाली पड़ी जमीन या कई साल से बंद ऑफिसों पर कब्जे की खबरें हाईकमान तक पहुंच रही थीं। पश्चिम बंगाल के हुबली में कांग्रेस की 11,979 स्क्वायर फीट जमीन पर जेडीयू का ऑफिस चल रहा था। हालांकि जेडीयू ने दावा किया कि जमीन का टैक्स हम भर रहे हैं। कांग्रेस ने बताया कि उसके पास 1956 में जमीन खरीदने के कागज हैं। उत्तराखंड के रानीखेत में कांग्रेस ऑफिस पर कब्जे का मामला भी आया था।
ग्रीनलैंड पर ट्रंप की नार्वे को धमकी, बोले- नोबेल नहीं मिला, मेरे लिए अब शांति जरूरी नहीं
इस घटनाक्रम के बाद यूरोप और अमेरिका के रिश्तों में नया तनाव साफ तौर पर दिखने लगा है। एक ओर यूरोपीय देश ट्रंप की संभावित टैरिफ नीति से निपटने के लिए जवाबी कदमों पर गंभीरता से विचार कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर ग्रीनलैंड के सामरिक महत्व को देखते हुए वहां प्रतीकात्मक सैन्य तैनाती भी शुरू हो गई है।
बांग्लादेश में हिंदुओं की हत्याएं और उत्पीड़न कब रुकेगा? आंखें मूंद बैठी है मोहम्मद यूनुस सरकार
Bangladesh news:राइट्स एंड रिस्क एनालिसिस ग्रुप ने कुछ दिन पहले हिंसा पर एक रिपोर्ट जारी करते हुए बताया था कि बांग्लादेश में बीते 45 दिनों में 15 हिंदुओं की हत्या हुई है. 1 दिसंबर 2025 से 15 जनवरी 2026 के बीच पिछले 45 दिनों में, बांग्लादेश में बहुसंख्यक मुस्लिम समुदाय से संबंधित व्यक्तियों द्वारा कम से कम 15 अल्पसंख्यक हिंदुओं की खुलेआम हत्या हुई.
'जब आपने अपना मकसद हासिल...', इमरान खान की बहन अलीमा खान का छलका दर्द
इमरान खान की बहन अलीमा खान ने कहा, 'जब आपने इमरान खान को जेल में रखकर और 26वें और 27वें संशोधन के ज़रिए अपने मकसद हासिल कर लिए हैं, तो सवाल उठता है कि इमरान खान आज भी जेल में क्यों हैं?'
मिडिल ईस्ट में बढ़ी अमेरिकी फौज की तैनाती, क्या हमला करने वाला है US? तारीख भी आई सामने!
US Army in middle east:अमेरिका के KC-135 रिफ्यूलिंग टैंकर विमान भी जॉर्डर में तैनात कर दिए गए हैं. ये टैंकर हवा में लंबी दूरी तक उड़ान भरने वाले बॉम्बर्स में ईंधन भरते हैं. जॉर्डन में अमेरिकी फाइटर जेट्स की तैनाती के मायने क्या हैं. आपको ये भी समझना चाहिए.
काठमांडू के पूर्व मेयर बालेन शाह ने मैथिली में दिया पहला राजनीतिक भाषण
नेपाल के दक्षिणी मधेश प्रांत के जनकपुर शहर में बालेन शाह का पहला राजनीतिक भाषण सुनने के लिए सोमवार को भारी भीड़ उमड़ी
भारत-यूएई के बीच हुए अहम समझौते, 2032 तक द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने का लक्ष्य: विदेश मंत्रालय
संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान की डेढ़ घंटे के आधिकारिक दौरे को विदेश मंत्रालय ने काफी बड़ा करार दिया है
चार मंजिला इमारत तक जमी बर्फ; एक ही रात में शहर बना बर्फ का पहाड़, VIDEO देख कांप उठे लोग
रूस के कामचटका प्रायद्वीप में भीषण बर्फबारी ने शहर की रफ्तार थाम दी है. 3–4 मंजिला इमारतें बर्फ में दब गईं, दो लोगों की मौत हुई, इमरजेंसी लागू है, स्कूल-ट्रांसपोर्ट बंद हैं और हालात के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हैं.
ठंडा ग्रीनलैंड, गर्म राजनीति: अमेरिका रूस चीन आमने-सामने
ग्रीनलैंड को लेकर विश्व पटल पर भूचाल आया हुआ है। अमेरिका लगातार ग्रीनलैंड पर कब्जा करने की धमकी दे रहा है, तो वहीं डेनमार्क उसके खिलाफ डटकर खड़ा है
काबुल में भीषण धमाका, रेस्टोरेंट के उड़े परखच्चे; क्या निशाने पर थे चीनी नागरिक?
Shahr-e Naw blast:अफगानिस्तान की राजधानी काबुल के शहर-ए-नवा इलाके में जोरदार धमाका हुआ. तालिबान सरकार ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि इस घटना में कई लोग मारे गए और घायल हुए हैं.
ओपन सोर्स इंटेलिजेंस (OSINT) से जुड़ी रिपोर्टों के अनुसार, अमेरिका तेज़ी से अपने युद्धक विमानों, ईंधन भरने वाले टैंकर एयरक्राफ्ट और नौसैनिक पोतों को इस क्षेत्र की ओर भेज रहा है.इन तैनातियों के कारण यह अटकलें तेज़ हो गई हैं कि क्या अमेरिका ईरान के खिलाफ किसी बड़े गुप्त या अचानक सैन्य अभियान की तैयारी कर रहा है.
Iran Physical Assault During Protest: ईरान में पिछले कुछ दिनों से जनता सरकार के खिलाफ सड़कों पर प्रदर्शन कर रही है. इसको लेकर कई लोगों को हिरासत में भी लिया गया है.
ग्वाटेमाला के राष्ट्रपति बर्नार्डो अरेवालो ने देश में 30 दिनों के आपातकाल की घोषणा की है. राष्ट्रपति ने ये फैसला जेल दंगों और बढ़ते गैंगवार के बाद लिया है. बताया जाता है कि तीन जेलों में लगातार अशांति बढ़ रही थी.
यूक्रेन को अंधेरे में झोंकने की तैयारी? जेलेंस्की बोले- पुतिन डिप्लोमेसी नहीं, बमबारी चाहते हैं
Russia Ukraine War: रूस यूक्रेन जंग में अब एक और नया मोड़ आया है. कहा जा रहा है कि रूस अब यूक्रेन के पॉवर प्लांट्स को निशाना बना रहा है. ऐसे में यूक्रेन के अंधेरे में डूबने का खतरा पैदा हो गया है.
बालेन का यह फैसला न केवल काठमांडू की स्थानीय राजनीति, बल्कि पूरे देश की सियासी दिशा को प्रभावित करने वाला माना जा रहा है। खास बात यह है कि वह पूर्वी नेपाल के कोशी प्रांत स्थित झापा-5 निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव लड़ेंगे, जहां उनका मुकाबला सीधे-सीधे नेपाल के सबसे ताकतवर और अनुभवी नेताओं में गिने जाने वाले केपी शर्मा ओली से होगा।
ट्रंप के सख्त इमिग्रेशन नियमों को झटका! दो भारतीय शरणार्थियों की रिहाई का कोर्ट ने दिया आदेश
Indian Refugees California: कैलिफोर्निया में अमेरिका के फेडरल जजों ने इमिग्रेशन अधिकारियों को दो भारतीय नागरिकों को रिहा करने का आदेश दिया है. कोर्ट ने अपने आदेश में कहा है कि बिना सुनवाई के उन्हें हिरासत में रखना शायद संवैधानिक प्रक्रिया का उल्लंघन है.
portugal presidential election 2026: पुर्तगाल के राष्ट्रपति चुनाव में कट्टर दक्षिणपंथी नेता आंद्रे वेंचुरा ने मजबूत प्रदर्शन करते हुए दूसरे दौर में जगह बनाई है, जहां उनका मुकाबला सोशलिस्ट उम्मीदवार अंतोनियो जोजे सेगुरो से होगा.
ब्रिटिश मीडिया पर फिर बरसेंगे प्रिंस हैरी! डेली मेल के खिलाफ कोर्ट में जंग, दांव पर करोड़ों
Legal battle against british tabloids: प्रिंस हैरी और छह हाई-प्रोफाइल लोग डेली मेल पर प्राइवेसी उल्लंघन का मुकदमा कर रहे हैं, जिसमें फोन हैकिंग और निजी जानकारी जुटाने के आरोप हैं. मुकदमा हाई कोर्ट में नौ हफ्तों तक चलेगा और हैरी को दूसरी बार गवाह बनकर पेश होना है.

