डिजिटल समाचार स्रोत

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छात्रों की समस्याओं के समाधान और शिक्षा में सुधार के सुझाव देने के लिए कैबिनेट की एक उप-समिति गठन: कर्नाटक सरकार

Bengaluru, 27 अगस्त . कर्नाटक Government ने Thursday को छात्रों की चिंताओं को सुनने और राज्य की शिक्षा प्रणाली में जरूरी सुधारों की सिफारिश करने के लिए एक कैबिनेट उप-समिति बनाने का फैसला किया. Chief Minister डीके शिवकुमार ने स्वास्थ्य और परिवार कल्याण, अल्पसंख्यक कल्याण और हज व वक्फ मंत्री यूटी खादर की अध्यक्षता में ... Read more

डेली किरण 27 Aug 2026 1:28 pm

शिरपुर: नवी बुडकी जि.प. स्कूल में भव्य पालक सम्मेलन संपन्न, शिक्षा और विकास पर हुई चर्चा

शिरपुर के नवी बुडकी जिला परिषद स्कूल में आयोजित भव्य पालक सम्मेलन में सरकारी योजनाओं और छात्र विकास पर हुई गहन चर्चा। जानिए स्कूल की इस नई पहल के बारे में।

प्रातःकाल 27 Aug 2026 1:08 pm

सीबीएसएल वैकेंसी 2026: केनरा बैंक में चल रही है कई पदों पर भर्ती, इस तारीख से पहले जमा करें फॉर्म; जानें सबकुछ

केनरा बैंक की सहयोगी कंपनी सीबीएसएल ने विभिन्न पदों पर भर्ती के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं। इच्छुक और योग्य उम्मीदवार निर्धारित अंतिम तिथि से पहले आवेदन कर सकते हैं।

अमर उजाला 27 Aug 2026 7:00 am

क्यों छात्रों ने शिक्षा मंत्री को मिस्टेक मिनिस्टर कहा:पहले फैसला, फिर बदलाव; जानिए मिथिलेश तिवारी के 5 बड़े ‘करेक्शन’

“शिक्षा विभाग लेटर-पर-लेटर जारी करता है। अधिकारियों को सुझाव दिया जाएगा कि विभाग में बिना जरूरत पत्र जारी करना रोकें। विभाग का उद्देश्य काम में पारदर्शिता लाना है। बार-बार नए निर्देश जारी करने की जगह जमीनी स्तर पर सुधार करना है।” शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने 8 मई 2026 को मंत्री पद संभालने के तुरंत बाद ये बातें कहीं। इससे शिक्षकों को उम्मीद जगी कि शिक्षा विभाग में अब बार-बार आदेश और निर्देश जारी करने के बजाय स्पष्ट नीति के तहत काम होगा। लेकिन 42 दिनों में ही तस्वीर कुछ अलग दिखाई देने लगी है। भास्कर की रिपोर्ट में जानिए, शिक्षा मंत्री ने पद संभालने के बाद कौन से बड़े फैसले लिए। उनमें क्या बदलाव करना पड़ा? पहले जानिए… शिक्षा मंत्री को छात्रों ने कौन सा नया नाम दिया मिथिलेश तिवारी शिक्षा मंत्री बनने के बाद से अपने फैसलों के चलते चर्चा में हैं। 6 लाख से अधिक शिक्षक-कर्मी और करोड़ों छात्रों से जुड़ी जिम्मेदारी मिलने के बाद मंत्री ने कई मुद्दों पर तेजी से निर्णय लेने की कोशिश की। करेक्शन 1: पांच साल की शर्त में राहत ट्रांसफर पॉलिसी में सेवा अवधि को महत्वपूर्ण आधार बनाया गया था। 5 साल की सेवा पूरी करने वालों का तबादला किया जाना था। पहली बार ट्रांसफर प्रोसेस में शामिल होने वाले शिक्षकों के लिए इस शर्त में राहत दी गई। करेक्शन 2: प्रोबेशन वाले शिक्षकों को भी ट्रांसफर का मौका नियमावली की मूल व्यवस्था में प्रोबेशन अवधि के शिक्षकों के तबादले की प्रक्रिया में शामिल होना मुश्किल था। शिक्षकों ने इसका विरोध किया। लगातार मांग उठी कि पहली स्थानांतरण प्रक्रिया में प्रोबेशन पर काम कर रहे शिक्षकों को भी मौका दिया जाए। इसके बाद विभाग ने इस मामले में राहत दी। 28 जुलाई को इससे संबंधित आदेश जारी किया गया। इसके बाद पहली स्थानांतरण प्रक्रिया में प्रोबेशन अवधि वाले शिक्षक भी शामिल हो सके। इसका सीधा फायदा टीआरई-3 से नियुक्त शिक्षकों को हुआ। यानी नई नियमावली लागू होने के बाद दूसरा बड़ा बदलाव भी करना पड़ा। करेक्शन 3: सरप्लस शिक्षक का तबादला सरप्लस का मतलब ऐसे स्कूल से है जहां छात्रों की संख्या के मुकाबले जरूरत से ज्यादा शिक्षक उपलब्ध हैं। नई नीति में स्कूलों में शिक्षकों की संख्या तय करने के लिए छात्र नामांकन को आधार बनाया गया। करेक्शन 4: गृह पंचायत और गृह प्रखंड पर भी फंसा पेंच स्थानांतरण नीति में एक अहम व्यवस्था उन शिक्षकों से जुड़ी थी जो अपने गृह पंचायत या गृह प्रखंड में तैनात हैं। सरकार का तर्क था कि लंबे समय से एक ही क्षेत्र में तैनात शिक्षकों का संतुलित तरीके से स्थानांतरण किया जाए। इससे एक इलाके में शिक्षकों की अधिकता और दूसरे इलाके में कमी को दूर करने में मदद मिल सकती थी। इस प्रावधान को लेकर भी शिक्षकों की ओर से आपत्ति सामने आई। मामला हाईकोर्ट पहुंच गया। करेक्शन 5: टीआरई-4 की अधियाचना शिक्षा मंत्री के स्तर से टीआरई-4 के तहत शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया को तेजी से आगे बढ़ाने की कोशिश की गई, लेकिन भर्ती की अधियाचना को लेकर सवाल उठे। आलोचकों का कहना है कि शिक्षा मंत्री जल्द से जल्द बड़े फैसले लेने की कोशिश कर रहे हैं। इसी जल्दबाजी में कुछ मामलों में बाद में सुधार की जरूरत पड़ रही है। अधियाचना दो बार भेजना पड़ा। पहली बार में कई विषय छूट गए थे। टीआरई-4 में दो परीक्षा लेने की घोषणा की गई है। छात्र संगठन इसका विरोध कर रहे हैं। मंत्री को खुला हाथ या अनुभव की कमी? शिक्षा विभाग बिहार सरकार के सबसे बड़े और संवेदनशील विभागों में से एक है। इस विभाग का सीधा संबंध लाखों शिक्षकों, कर्मचारियों और करोड़ों विद्यार्थियों से है। मंत्री के सामने चुनौती सिर्फ आदेश जारी करने की नहीं है। उन्हें यह तय करना है कि कोई नियम लागू होने के बाद स्कूलों में उसका असर क्या होगा। शिक्षा मंत्री को सरकार की ओर से काम करने की पर्याप्त स्वतंत्रता मिलने की भी चर्चा रही है। शिक्षा विभाग में सचिव स्तर के आईएएस अधिकारी की तैनाती है। इससे यह संदेश जाता है कि मंत्री को प्रशासनिक स्तर पर काम करने की पर्याप्त गुंजाइश दी गई है। इतनी बड़ी स्वतंत्रता के साथ जिम्मेदारी भी बड़ी होती है। किसी भी फैसले का असर सीधे शिक्षकों और विद्यार्थियों पर पड़ता है। इसलिए विभाग के हर फैसले पर अब ज्यादा नजर है। एक तरफ सुधार का दावा, दूसरी तरफ लगातार बदलाव शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी के सामने बिहार की शिक्षा व्यवस्था को बदलने की बड़ी चुनौती है। शिक्षकों की कमी, अतिरिक्त शिक्षकों का समायोजन, स्थानांतरण, भर्ती, स्कूलों में स्टाफ का संतुलन और शिक्षकों की वर्षों पुरानी मांगें। इन सभी पर एक साथ काम करना आसान नहीं है। मंत्री ने कई मुद्दों पर तेजी दिखाई है। लेकिन तेजी के साथ एक और चीज जुड़ गई है-फैसलों में बदलाव। किसी नीति में जरूरत के मुताबिक सुधार होना सामान्य प्रशासनिक प्रक्रिया है। लेकिन जब एक के बाद एक फैसलों में बदलाव होता है तो विपक्ष और कर्मचारी संगठन सवाल उठाते हैं कि क्या सरकार ने फैसला लेने से पहले सभी पक्षों का पर्याप्त आकलन किया था? यही सवाल अब शिक्षा मंत्री के सामने भी है।

दैनिक भास्कर 27 Aug 2026 4:55 am

Bhiwani News: नशे के खिलाफ जागरूकता के लिए शिक्षा, पुलिस और पंचायत विभाग बनाएंगे कार्ययोजना

नशे के खिलाफ जागरूकता के लिए शिक्षा, पुलिस और पंचायत विभाग बनाएंगे कार्ययोजना

अमर उजाला 27 Aug 2026 1:47 am

Panchkula News: निपुण मिशन में स्कूल विजिट को लेकर शिक्षा विभाग सख्त

Education Department strict regarding school visits under Nipun Mission.

अमर उजाला 27 Aug 2026 1:11 am

स्पीकर संधवां ने बेंच पर बैठ विद्यार्थियों से किया संवाद:फरीदकोट के सरकारी स्कूल का लिया जायजा; कहा-शिक्षा समाज की तरक्की की बुनियाद

पंजाब विधानसभा के स्पीकर कुलतार सिंह संधवां ने बुधवार को हलका कोटकपूरा के गांव खारा स्थित सरकारी स्कूल का दौरा कर विद्यार्थियों और अध्यापकों से बातचीत की। उन्होंने विद्यार्थियों से पढ़ाई, खेल गतिविधियों और स्कूल में उपलब्ध सुविधाओं के बारे में जानकारी ली तथा उन्हें मेहनत और लगन के साथ शिक्षा हासिल करने के लिए प्रेरित किया। स्पीकर संधवां ने अध्यापकों से बातचीत के दौरान स्कूल की आवश्यकताओं और विद्यार्थियों की शिक्षा से संबंधित विभिन्न पहलुओं की जानकारी भी हासिल की। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार सरकारी स्कूलों में शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है, ताकि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ बेहतर बुनियादी सुविधाएं भी उपलब्ध हो सकें। उन्होंने कहा कि शिक्षा किसी भी समाज की तरक्की की बुनियाद है और सरकारी स्कूलों के विद्यार्थियों को बेहतर अवसर उपलब्ध करवाना सरकार की प्राथमिकता है। विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ खेलों और अन्य गतिविधियों में भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने के लिए प्रेरित किया गया। स्पीकर ने विकास परियोजनाओं की करवाई शुरुआत इससे पहले गांव खारा में स्पीकर संधवां ने लोगों को साफ पीने का पानी उपलब्ध करवाने के लिए आरओ प्लांट तथा गलियों-नालियों के विकास कार्यों की शुरुआत करवाई। इसके अलावा 21 लाख 28 हजार रुपये की लागत से 100 प्रतिशत सब्सिडी के तहत बिछाई जाने वाली पाइपलाइन के कार्य का भी नींव पत्थर रखा।

दैनिक भास्कर 26 Aug 2026 5:49 pm

पंजाब के सरकारी स्कूलों का वीडियो साझा कर सुखबीर ने सरकार को घेरा, बोले- यह क्रांति नहीं ‘'शिक्षा घोटाला’ है

सुखबीर बादल ने सरकारी स्कूलों की स्थिति को लेकर आम आदमी पार्टी सरकार पर हमला बोला। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था को ‘सिखिया घोटाला’ बताते हुए चार महीने बाद आप के गायब होने का दावा किया।

जागरण 26 Aug 2026 4:34 pm

पटना लाठीचार्ज के विरोध में AISU का प्रोटेस्ट:मधेपुरा में मुख्यमंत्री-शिक्षा मंत्री का पुतला जलाया, न्याय की मांग

पटना में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में ऑल इंडिया स्टूडेंट यूनियन (AISU) ने बुधवार को मधेपुरा के भूपेंद्र चौक पर प्रदर्शन किया। इस दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी का पुतला दहन किया गया। कार्यक्रम का नेतृत्व संगठन के विश्वविद्यालय अध्यक्ष सौरभ कुमार और जिला अध्यक्ष राहुल कुमार ने किया। कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए छात्रों की मांगों पर तत्काल सकारात्मक निर्णय लेने की मांग की। आंदोलन को और उग्र करने की दी चेतावनी AISU के राष्ट्रीय अध्यक्ष ई. मुरारी ने कहा कि पटना में आंदोलन कर रहे छात्रों पर पुलिस का लाठीचार्ज लोकतंत्र और छात्र अधिकारों का उल्लंघन है। उन्होंने आरोप लगाया कि छात्र नेता गौतम आनंद पर पुलिस ने हमला किया, जिससे उनके सिर में 13 टांके लगे हैं और उनकी हालत नाजुक बनी हुई है। मुरारी ने मांग की कि सरकार गौतम आनंद के बेहतर इलाज की पूरी जिम्मेदारी उठाए, उन्हें न्याय दिलाए और उनके परिवार को उचित मुआवजा दे। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि छात्रों की मांगों पर जल्द निर्णय नहीं हुआ तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा। लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन जारी रखेगा संगठन प्रदेश अध्यक्ष ई. अंशु यादव ने सरकार से बीपीएससी, पीएचडी स्कॉलर और एसएससी सहित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े छात्रों की जायज मांगों पर गंभीरता से विचार करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर लाठीचार्ज लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए अनुचित है। यादव ने चेतावनी दी कि मांगें पूरी न होने तक संगठन सड़क से लेकर सदन तक लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन जारी रखेगा। जिला प्रधान महासचिव विकास कुमार राजा और छात्र नेता गुड्डू कुमार ने कहा कि छात्रों की जायज मांगों को लाठी-डंडे के बल पर दबाया नहीं जा सकता। ''छात्रों की आवाज को दबाया नहीं जा सकता'' उन्होंने पटना लाठीचार्ज की जिम्मेदारी तय करने और मुख्यमंत्री तथा शिक्षा मंत्री से इस्तीफा देने की मांग की। विश्वविद्यालय अध्यक्ष सौरभ कुमार और जिला अध्यक्ष राहुल कुमार ने कहा कि छात्रों की आवाज को दबाया नहीं जा सकता। बीपीएससी, एसएससी, पीएचडी स्कॉलर सहित तमाम छात्रों की मांगों का तत्काल समाधान होना चाहिए। उन्होंने कहा कि जब तक छात्रों को न्याय और उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं मिलता, संगठन का संघर्ष जारी रहेगा।

दैनिक भास्कर 26 Aug 2026 3:44 pm

झारखंड में निजी स्कूलों की तर्ज पर सरकारी स्कूलों के बच्चों को भी मिलेगी स्टूडेंट डायरी, शिक्षा और छात्रवृत्ति में सुधार

झारखंड कैबिनेट ने सरकारी स्कूलों में स्टूडेंट डायरी शुरू करने और चिकित्सकों की संविदा पर नियुक्ति को मंजूरी दी है। इसके साथ ही गुरुजी क्रेडिट कार्ड योजना को आसान बनाने और ग्रासरूट इनोवेशन इंटर्नशिप का विस्तार करने जैसे कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।

जागरण 26 Aug 2026 2:36 pm

'बार-बार क्‍यों लग रहे अवैध वसूली के आरोप', इलाहाबाद हाई कोर्ट ने यूपी बेसिक शिक्षा विभाग में भ्रष्टाचार मामले में अपना सख्त रुख

इला‍हाबाद हाई कोर्ट ने एक शिक्षक द्वारा छह वर्षों से लंबित याचिका को अचानक वापस लेने की अर्जी पर सुनवाई करते हुए यह सख्त रुख अपनाया है.

NDTV इंडिया 26 Aug 2026 2:28 pm

श्योपुर में शिक्षा व्यवस्था शर्मसार: स्कूल में शराब पीते दिखे शिक्षक, वीडियो वायरल

26 अगस्त, बुधवार: श्योपुर के शासकीय प्राथमिक विद्यालय सुठारा से शिक्षक का वीडियो वायरल हुआ। आरोप है कि शिक्षक श्रीपाल जाटव बच्चों की मौजूदगी में शराब की बोतल लेकर नशे में दिखे। परिजनों ने कार्रवाई की मांग की है।

लाइव हिन्दुस्तान 26 Aug 2026 1:40 pm

शिक्षा, कौशल और रोजगार से बाहर 8.7 करोड़ युवा गंभीर चिंता का विषय : कुमारी सैलजा

कुमारी सैलजा ने कहा कि नीति आयोग की अगस्त 2026 में जारी रिमेनिंग स्किलिंग फाॅर विकसित भारत ‘@2047’ रिपोर्ट में देश के करीब 8.7 करोड़ युवाओं को एनईईटी यानी शिक्षा, रोजगार या प्रशिक्षण से बाहर बताया गया है। जिस उम्र में युवाओं के हाथों में किताबें, हुनर और रोजगार होना चाहिए, उस समय इतनी बड़ी युवा आबादी का इन तीनों व्यवस्थाओं से बाहर होना गंभीर चेतावनी है।

खास खबर 26 Aug 2026 1:16 pm

एचपीपीएससी एचपीएएस 2026: हिमाचल ने पांच विभागों में निकाली विभिन्न पदों पर वैकेंसी, क्या है आवेदन की शर्तें?

हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग ने एचपीएएस भर्ती 2026 के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस भर्ती के तहत पांच विभागों में 22 पद भरे जाएंगे। इच्छुक उम्मीदवार 22 सितंबर तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।

अमर उजाला 26 Aug 2026 12:59 pm

CM Yogi ने श्रमिकों पर किया बड़ा एलान | Free Healthcare | Gratuity | UP Government | Workers in UP

CM Yogi ने श्रमिकों पर किया बड़ा एलान | Free Healthcare | Gratuity | UP Government | Workers in UP

अमर उजाला 26 Aug 2026 12:49 pm

केवीएस-एनवीएस भर्ती: सीबीएसई ने दूसरे चरण के चार विषयों के परिणाम किए घोषित, जानें कैसा रहा आपका रिजल्ट

केंद्रीय विद्यालय संगठन और नवोदय विद्यालय समिति ने पीजीटी गणित और टीजीटी गणित-संस्कृत के दूसरे चरण की भर्ती परीक्षा के नतीजे जारी कर दिए हैं। उम्मीदवार आधिकारिक वेबसाइट पर अपना परिणाम देख सकते हैं।

अमर उजाला 26 Aug 2026 12:14 pm

बोराडी केंद्र की शिक्षा परिषद में निपुण महाराष्ट्र पर जोर, जिले को निपुण बनाने का आह्वान

बोराडी केंद्र की शिक्षा परिषद में निपुण महाराष्ट्र, शैक्षणिक गुणवत्ता, डिजिटल बोर्ड और मासिक नियोजन पर चर्चा हुई। डॉ. वनमाला पवार ने प्रत्येक बच्चे को निपुण बनाने के लिए शिक्षकों से प्रभावी कामकाज का आह्वान किया।

प्रातःकाल 26 Aug 2026 12:06 pm

मिस यूनिवर्स इंडिया-2026: केजिया लिज मेजो का युवाओं को संदेश, शिक्षा से लोकतंत्र तक कही बड़ी बात

मिस यूनिवर्स इंडिया-2026 के खिताब के बाद केजिया लिज मेजो ने युवाओं, शिक्षा, लोकतांत्रिक भागीदारी और देश की एकता को लेकर अपनी सोच साझा की।

अमर उजाला 26 Aug 2026 11:47 am

एमपीएससी: ड्रग इंस्पेक्टर भर्ती प्रक्रिया रद्द, पेपरलीक की शिकायतों के बाद लिया फैसला, आयोग ने क्या कहा? जानें

महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग ने ड्रग इंस्पेक्टर, ग्रुप-B पद की भर्ती प्रक्रिया रद्द कर दी है। 22 मार्च 2026 को हुई स्क्रीनिंग परीक्षा में पेपरलीक की शिकायतों के बाद आयोग ने यह फैसला लिया।

अमर उजाला 26 Aug 2026 11:39 am

बढ़ती महंगाई से बदहाल जनता, जूली ने शिक्षा व्यवस्था पर भी उठाए सवाल

बढ़ती महंगाई से बदहाल जनता, जूली ने शिक्षा व्यवस्था पर भी उठाए सवाल

अमर उजाला 26 Aug 2026 10:40 am

शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव बोले- टीचर्स करा रहे आंदोलन:समीक्षा बैठक में कहा- प्राचार्यों का फोकस केबिन स्पेस पर; यूट्यूब पत्रकारों की एंट्री बंद करें

पंडित दीनदयाल ऑडिटोरियम में मंत्री गजेंद्र यादव की मौजूदगी में मंगलवार को शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक हुई। बैठक में संभागीय संयुक्त संचालक, अलग-अलग जिलों से पहुंचे जिला शिक्षा अधिकारी, जिला मिशन समन्वयक (समग्र शिक्षा), जिला क्रीड़ा अधिकारी और विकासखंड शिक्षा अधिकारी मौजूद थे। अधिकारियों ने जब अपने-अपने हिस्से का ब्यौरा दे दिया, तो मंत्री गजेंद्र यादव अपनी कुर्सी छोड़कर माइक के पास आए। आते ही उन्होंने कहा, “मोबाइल से रिकॉर्डिंग करना बंद करिए, मैं भाषण देने थोड़ी आया हूं।” इसके बाद उन्होंने सवाल किया- स्कूलों की समस्याओं का मूल कारण क्या है? सवाल सुनते ही गोष्ठी में गर्दन ऊंची कर बैठे अधिकारी दुबकने लगे। जवाब नहीं मिला तो मंत्री यादव ने रैंडमली पूछा- “पेंड्रा के डीईओ आए हैं क्या? जवाब दीजिए।” दूसरी ओर से जवाब आया, “सर, लोकल लेवल पर एडमिनिस्ट्रेशन सही नहीं है।” इस जवाब से बाकी अधिकारियों के भीतर भी उत्साह जागा। सक्ती के डीईओ बोले, “मॉनिटरिंग और प्रबंधन की कमी है।” इसके बाद कांकेर डीईओ भी उठे और बोले, “शिक्षकों के बीच समन्वय ठीक हो जाए तो सब सही हो जाएगा।” रायगढ़ के डीईओ का जवाब आया, “सर... नैतिक शिक्षा और संस्कार की कमी ही सारी समस्याओं की जड़ है।” इन सभी जवाबों को मंत्री ने कंसीडर तो किया, लेकिन वे संतुष्ट नहीं हुए। ऐसे में गजेंद्र यादव ने खुद ही अपने सवाल का जवाब दिया। अपने जवाब के क्रम को आगे बढ़ाते हुए उन्होंने शिक्षा विभाग की खामियां गिनाईं और अपना प्लान बताया। उन्होंने कहा कि एक तरफ शिक्षक आंदोलन करा रहे हैं, वहीं कई प्राचार्यों का फोकस अपने केबिन की स्पेस पर है। मंत्री ने स्कूलों में यूट्यूबर्स और पत्रकारों की एंट्री पर रोक लगाने की बात कही। साथ ही यह भी बताया कि जब तक शिक्षक भर्ती नहीं हो जाती, तब तक यूट्यूब के जरिए पढ़ाई कैसे करानी है। एक-एक कर सभी पॉइंट्स को डिटेल में एक्सप्लेन करेंगे, लेकिन सबसे पहले स्कूलों की मूल समस्याओं पर शिक्षा मंत्री का जवाब जान लीजिए… स्कूलों को अपना नहीं मानते प्रिंसिपल, यही दिक्कत शिक्षा मंत्री यादव ने अधिकारियों को बताया कि स्कूलों में समस्याओं का मूल कारण यह है कि शिक्षक और प्राचार्य स्कूलों को अपना मानते ही नहीं हैं। वे स्कूल में केवल सैलरी लेने आते हैं, ताकि उनका घर चल सके। उनके भीतर यह सोच ही नहीं है कि शिक्षा व्यवस्था को बेहतर कैसे किया जाए। हमारे शिक्षक यह चिंतन ही नहीं कर रहे कि स्कूलों में बच्चे क्यों नहीं आ रहे हैं, शौचालय क्यों खराब है और स्कूल की बिल्डिंग क्यों बिगड़ी हुई है। इतना कहकर मंत्री कुछ देर रुके और फिर सवाल किया- “बताइए, ईमानदारी से किसी ने सोचा है ये सब?” कुछ सेकेंड तक कोई जवाब नहीं आया तो उन्होंने फिर अपने ही सवाल का जवाब देते हुए कहा- “नहीं सोचे न... इसके चलते ही स्कूलों का सिस्टम बिगड़ा हुआ है।” अब समझिए, कैसे स्कूली रकबे का अधिकतर क्षेत्र प्रिंसिपल कब्जा रहे हैं अपना एक्सपीरियंस शेयर करते हुए मंत्री ने दो उदाहरणों के जरिए समझाया कि कैसे स्कूली रकबे के बड़े और बेहतर हिस्से पर शिक्षक और प्रिंसिपल कब्जा कर रहे हैं। उदाहरण 1: मंत्री गजेंद्र यादव ने बताया कि कुछ दिन पहले वे तीजन बाई के गांव गनियारी गए थे। यहां सरकारी स्कूल की बाउंड्रीवॉल ही 3 एकड़ में फैली हुई है। स्कूल में कम से कम 20 कक्षाएं हैं और पुरानी बिल्डिंग भी उसी तरह बनी हुई है। उन्होंने बताया कि पुरानी बिल्डिंग में ताला लगा हुआ है और वहां कचरा डाल दिया गया है। वहीं, नई बिल्डिंग के सबसे अच्छे कमरे को प्रिंसिपल ने अपना कमरा बना लिया है। इसके बाद के अच्छे कमरे शिक्षकों और दूसरे स्टाफ के लिए रिजर्व कर दिए गए हैं। उदाहरण 2: मंत्री गजेंद्र यादव ने आगे बताया कि बीते सोमवार तरीघाट में उन्होंने सरकारी स्कूल के बाहर कुछ बच्चों को खड़े देखा। उन्होंने रुककर बच्चों से पूछा कि कोई समस्या है? बच्चों ने कहा, “नहीं-नहीं।” सामने खड़ी एक टीचर ने कहा, “बताओ-बताओ।” इसके बाद बच्चों ने बताया कि क्लास नहीं लगती। मंत्री यादव ने बताया कि इसके बाद उन्होंने पूरा स्कूल घूमा। प्रिंसिपल के कमरे में पहुंचे तो देखा कि कमरा किसी कलेक्टर के कमरे जितना बड़ा बनवाया गया है। उन्होंने प्रिंसिपल से पूछा- “इतना बड़ा कमरा क्यों रखा है?” इस पर जवाब मिला, “लोग आते हैं।” मंत्री यादव ने कहा, “ये तो स्थिति है। मुझे बड़ा आश्चर्य हुआ।” शिक्षक कराते हैं स्कूलों में आंदोलन बात को आगे बढ़ाते हुए मंत्री आंदोलन की बात पर आए। उन्होंने कहा कि राज्य के स्कूलों में जितने आंदोलन होते हैं, वे कराए जाते हैं। किसी शिक्षक को कोई अतिरिक्त विषय पढ़ाने के लिए कह दिया जाए तो बच्चों से आंदोलन करा दिया जाता है। इसके बीच ही उन्होंने बिना फ्लो तोड़े तपाक से एक सवाल और पूछा- “बताओ जरा, ऐसे ही होता है न? बताओ जरा?” लेकिन इस बार इंतजार किए बिना ही खुद जवाब देते हुए बोले- “सब प्लान्ड रहता है। पुराने मठाधीशों को हटाया तो आंदोलन कर रहे हैं।” आखिर में आग्रह करते हुए मंत्री यादव ने कहा कि अगर आप अपना और अपने परिवार का अच्छा चाहते हैं तो अपने स्कूल के बच्चों पर फोकस कीजिए। डीईओ सिर्फ कागजी काम न करें, बल्कि स्कूलों का दौरा करें। मीडिया पर बोले: लिखित में नहीं दे रहा, लेकिन पूरा स्कूल मत घुमाइए बोलते-बोलते मंत्री यादव स्कूलों के शौचालय के मुद्दे पर आए। उन्होंने कहा, “समग्र से पैसा बहुत आता है, आप उसका सही ढंग से उपयोग नहीं कर पा रहे हैं। इतना पैसा खर्च करने के बाद भी बच्चे पानी और वॉशरूम के लिए आंदोलन कर रहे हैं तो यह बड़े दुर्भाग्य की बात है।” इसके बाद उन्होंने धीरे से कहा, “मीडिया वाले भी हैं। जरूरी नहीं है कि हम उनको पूरा स्कूल घुमाएं। हम लिखित में नहीं दे रहे हैं, लेकिन कोई मीडिया वाला फिजूल में स्कूल में न घुसे। ये किसी के नहीं हैं। किसी को पूछोगे कि कोई समस्या है क्या, तो आदमी हां ही बोलेगा कि समस्या है।” यह कहकर मंत्री यादव ने करीब 10 सेकेंड का पॉज लिया। बातचीत के दौरान यह उनकी ओर से लिया गया सबसे लंबा पॉज था। इसके बाद उन्होंने कहा, “इस पर भी आपको ध्यान देना है।” हालांकि, बातचीत के अंत में उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका इशारा यूट्यूबर्स और पत्रकारों की ओर है। बैंड दल अनिवार्य करें, बच्चियों को सेल्फ डिफेंस सिखाएं मंत्री यादव यहां से वापस स्टूडेंट्स पर लौटे और बोले कि हाई और हायर सेकेंडरी स्कूलों में बैंड दल अनिवार्य तौर पर बनाइए। इसके लिए जिला पुलिस बैंड से मदद ले सकते हैं। म्यूजिकल इंस्ट्रूमेंट्स खरीदकर केवल रखने के लिए नहीं हैं। इसके अलावा गर्ल्स के लिए सेल्फ डिफेंस ट्रेनिंग अनिवार्य कीजिए। इस संबंध में आदेश भी जारी कर देंगे। यूट्यूब से पढ़ाई का मंत्र दिया मंत्री यादव ने विभाग के अधिकारियों को यूट्यूब से पढ़ाई का मंत्र भी दिया। लेकिन इसके एवज में फिर से एक सवाल कर लिया- “पीएम ई-विद्या सारे स्कूलों में चलता है या नहीं? इसके बारे में जानते हैं या नहीं? बताओ जरा।” उन्होंने बताया कि पांच चैनल हैं, लेकिन डीटीएच जरूरी है। इसी बीच मंच पर बैठे अधिकारियों ने कुछ सुझाव दिए। बताया गया कि पीएम ई-विद्या यूट्यूब पर भी चल सकता है। आखिर में तय हुआ कि जब तक शिक्षकों की भर्ती नहीं हो जाती, तब तक इसी के जरिए पढ़ाइए। मंत्री यादव ने इस मुद्दे पर आखिरी बात यह कही कि कोई भी बच्चा स्कूल आए तो फालतू न बैठे, उसे पढ़ाइए। सफलता भी बताई- पहली बार स्कूलों में बच्चों की संख्या बढ़ी मंत्री यादव ने शिक्षकों को बधाई देते हुए कहा कि पहली बार इन पांच सालों में सरकारी स्कूलों में बच्चों की संख्या बढ़ी है। यह सुनकर सभी अधिकारियों ने तालियां बजाईं। इसके बाद गुजरात मॉडल का उदाहरण देते हुए मंत्री ने कहा कि वहां बच्चे सरकारी स्कूलों की ओर लौट रहे हैं। वहां हो सकता है तो यहां भी हो सकता है। आखिर में उन्होंने कहा- “भोजन मंत्र जरूर कराइए, इससे बच्चे संस्कारित होंगे।” इसके बाद मंत्री सहित सभी अधिकारी लंच करने चले गए और समीक्षा बैठक समाप्त हुई। ………………….. इससे जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… सरकारी-स्कूलों के बच्चों को 25 तक पहाड़ा याद होना जरुरी: फ्लूएंट इंग्लिश आनी चाहिए, शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने दिए निर्देश स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि प्राथमिक कक्षाओं के बच्चों को बारहखड़ी और 20 तक के पहाड़े, जबकि माध्यमिक स्तर के विद्यार्थियों को 25 तक के पहाड़े याद होने चाहिए। इसके साथ ही बच्चों की हिंदी और अंग्रेजी में फ्लूएंट रीडिंग सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया है। पढ़ें पूरी खबर…

दैनिक भास्कर 26 Aug 2026 10:36 am

पुरकाजी विधानसभा में 'सत्ता का संग्राम': जनता ने गिनाए विकास, शिक्षा और स्वास्थ्य के मुद्दे, देखें ये रिपोर्ट

अमर उजाला की टीम ‘सत्ता का संग्राम’ अभियान के तहत प्रदेश की विधानसभाओं में जनता का मूड जानते हुए मुजफ्फरनगर जिले के पुरकाजी विधानसभा क्षेत्र पहुंची।

अमर उजाला 26 Aug 2026 9:12 am

हिजाब विवाद से निकला सबक, शिक्षा को धर्म से दूर रखें

स्कूल की कक्षा शिक्षा, समानता और अनुशासन की जगह है, धार्मिक पहचान के प्रदर्शन का मंच नहीं. हिजाब पर इलाहाबाद हाईकोर्ट का फैसला इसी सिद्धांत को मजबूत करता है कि व्यक्तिगत आस्था से ऊपर संस्थान के समान और गैर-भेदभावपूर्ण नियम होने चाहिए.

आज तक 26 Aug 2026 6:30 am

राज्यपाल का दौसा में ‘टीबी-नशा-शिक्षा’ पर फोकस, अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश

राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े ने मंगलवार को जिला कलेक्ट्रेट सभागार में अधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने जिले में टीबी की स्थिति, मादक पदार्थों की रोकथाम, शिक्षा व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों से विभिन्न बिंदुओं पर जानकारी ली। उन्होंने टीबी मरीजों को समय पर पूरा उपचार उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने ‘नशा मुक्त दौसा’ के लिए प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। राज्यपाल ने जिले में टीबी मरीजों की संख्या, उनकी औसत आयु, उपचार की स्थिति सहित विभिन्न बिंदुओं पर रिपोर्ट ली। उन्होंने कहा कि जिले को टीबी मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा जाए। प्रत्येक मरीज को समय पर समुचित उपचार उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने गंभीर मरीजों को आवश्यकता के अनुसार अस्पताल में भर्ती कर उपचार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। नशे की रोकथाम को लेकर राज्यपाल ने कहा कि लोगों को मादक पदार्थों के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया जाए। युवाओं में नशे के प्रति नकारात्मक भावना विकसित की जाए। नशीले पदार्थों के स्रोतों को चिह्नित कर उन्हें बंद करने के लिए प्रभावी कार्रवाई की जाए। उन्होंने पुलिस को नशे के स्रोत तक पहुंचकर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सरकारी विभाग अपने कार्मिकों के स्तर पर भी नशा मुक्ति के लिए पहल करें। शिक्षण संस्थानों के आसपास नशीले पदार्थों की उपलब्धता पूरी तरह रोकने के लिए संबंधित विभाग समन्वय से कार्रवाई करें। पुलिस नशे के नेटवर्क के खिलाफ दृढ़ता से कार्रवाई करे। पुलिस लगातार निगरानी और मॉनिटरिंग सुनिश्चित करे। शिक्षा की समीक्षा करते हुए राज्यपाल ने विद्यार्थियों की संख्या, शिक्षक-विद्यार्थी अनुपात, शिक्षकों की उपलब्धता, विषयवार शिक्षकों की स्थिति सहित विभिन्न मानकों पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यक्ति के जीवन को बेहतर बनाने का सबसे महत्वपूर्ण माध्यम है। यह आगे बढ़ने का भी माध्यम है। जितने अधिक नागरिक शिक्षित होंगे, उतना ही देश मजबूत होगा। उन्होंने शिक्षकों से ‘मैं शिक्षक हूं’ की भावना हमेशा मन में रखने का आह्वान किया। उन्होंने विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने की बात कही। उन्होंने निर्देश दिए कि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे। कोई बच्चा पढ़ाई बीच में न छोड़े। विद्यालयों में बच्चों के पढ़ाई छोड़ने की समस्या पर भी प्रभावी रूप से काम किया जाए। राज्यपाल ने नीट एवं जेईई में चयनित विद्यार्थियों की जानकारी ली। उन्होंने आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। बैठक में जिला कलेक्टर डॉ. सौम्या झा, पुलिस अधीक्षक पीयूष दीक्षित, अतिरिक्त जिला कलेक्टर, दौसा अरविंद शर्मा, अतिरिक्त जिला कलेक्टर, लालसोट मनमोहन मीणा, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी बिरदी चंद गंगवाल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शंकर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

दैनिक भास्कर 26 Aug 2026 5:30 am

55 बोर्डिंग स्कूलों के प्रिंसिपल उदयपुर में, शिक्षा पर मंथन

बोर्डिंग स्कूल्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (BSAI) का वार्षिक प्रिंसिपल्स कॉन्क्लेव और एजीएम-2026 का आयोजन उदयपुर में हुआ। कार्यक्रम की मेजबानी सेंट्रल पब्लिक स्कूल, न्यू भूपालपुरा और हेरिटेज गर्ल्स स्कूल ने की। आयोजन का उद्देश्य देश के प्रमुख आवासीय विद्यालयों के प्राचार्यों और शिक्षा विशेषज्ञों को एक मंच पर लाकर शिक्षा के भविष्य, नेतृत्व और नवाचार पर विचार-विमर्श करना था। कॉन्क्लेव में देशभर के करीब 55 प्रतिष्ठित बोर्डिंग स्कूलों के प्रमुखों और प्रतिनिधियों ने भाग लिया।

दैनिक भास्कर 26 Aug 2026 5:30 am

सीटी-एआई कॉन्फ्रेंस में 350 से अधिक शिक्षाविद हुए शामिल

लुधियाना| बाल भारती पब्लिक स्कूल, लुधियाना में सीबीएसई की ओर से कम्प्यूटेशनल थिंकिंग (सीटी) और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) पर क्षेत्रीय कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई। इसमें पंजाब, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर से 350 से अधिक शिक्षाविदों ने भाग लिया, जिनमें 187 प्रिंसिपल शामिल रहे। सम्मेलन का मुख्य फोकस स्कूल शिक्षा में कम्प्यूटेशनल थिंकिंग और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के एकीकरण तथा भविष्य के लिए तैयार विद्यार्थियों के विकास पर रहा। कार्यक्रम में सीबीएसई की सहायक प्रोफेसर एवं संयुक्त निदेशक प्रो. नमिता बलोदी मुख्य अतिथि रहीं। विशिष्ट अतिथियों में सीबीएसई के लुधियाना स्थित उत्कृष्टता केंद्र के उप सचिव संजीव शर्मा, सीबीएसई के क्षेत्रीय अधिकारी संजय कुमार बिष्ट और सीबीएसई के एसपीएस संजीप राजपाल शामिल रहे। बाल भारती पब्लिक स्कूल, लुधियाना के प्रिंसिपल आशीष सावनी ने अतिथियों और प्रतिभागियों का स्वागत किया। मुख्य वक्ता डॉ. ओम प्रकाश वर्मा, सहायक प्रोफेसर (ग्रेड-2), एनआईटी जालंधर एवं वरिष्ठ सदस्य, आईईईई ने कहा कि कम्प्यूटेशनल थिंकिंग केवल कोडिंग तक सीमित नहीं है, बल्कि यह विद्यार्थियों में समस्या समाधान, पैटर्न पहचान, एब्स्ट्रैक्शन, तार्किक सोच और एल्गोरिदमिक सोच विकसित करती है। चंडीगढ़ बैपटिस्ट स्कूल के प्रिंसिपल एवं अकादमिक हेड अरुण जॉन मसीह और कैम्ब्रिज इनोवेटिव स्कूल, जालंधर की डायरेक्टर दीपा डोगरा ने कक्षा 3 से 8 तक कम्प्यूटेशनल थिंकिंग और एआई के समावेशन पर विषयगत सत्र आयोजित किए। सम्मेलन में चयनित 21 शिक्षकों ने गैलरी में अपने शोध-पत्र प्रस्तुत किए।

दैनिक भास्कर 26 Aug 2026 5:30 am

सरकारी स्कूलों के लिए जिम्मेदार अफसरों के बच्चे प्राइवेट में:सिर्फ एक शिक्षा अधिकारी का बेटा यूपी बोर्ड में, जानिए किसके बच्चे कहां पढ़ रहे

यूपी के सरकारी स्कूलों को संभालने वाले अफसर अपने बच्चों को इन स्कूलों में पढ़ने नहीं भेजते। यह सच्चाई दैनिक भास्कर की पड़ताल में सामने आई। 75 जिलों में तैनात बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) और जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) का भरोसा यूपी बोर्ड के स्कूलों पर नहीं है। इनके बच्चे CBSE और ICSE स्कूलों में पढ़ रहे हैं। अकेले फर्रुखाबाद के DIOS ही अपने बच्चे को यूपी बोर्ड के स्कूल में भेज रहे हैं। यूपी में इस वक्त कुल 148 BSA और DIOS तैनात हैं। इन अफसरों पर सरकारी स्कूलों का रखरखाव और पढ़ाई का स्तर सुधारने की जिम्मेदारी रहती है। जानिए किस अधिकारी के बच्चे कहां पढ़ रहे… देहात में तैनात अफसर भी बच्चों को लखनऊ के कॉन्वेंट स्कूल में पढ़ा रहे लखीमपुर खीरी के DIOS विनोद मिश्रा के 2 बेटे हैं। एक 11वीं और दूसरा 8वीं में लखनऊ के दिल्ली पब्लिक स्कूल में पढ़ रहा है। गोंडा के DIOS डॉ. रामचंद्र के 3 बेटों में 2 लखनऊ के सेंट फ्रांसिस स्कूल में ICSE बोर्ड से पढ़े हैं, जबकि एक दिल्ली यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन कर रहा है। देवरिया के DIOS हरिश्चंद्र नाथ के 2 बेटे लखनऊ में CBSE बोर्ड से हाईस्कूल और इंटर की पढ़ाई कर रहे हैं। वाराणसी के DIOS भोलेंद्र कुमार के दोनों बेटे भी लखनऊ के कॉन्वेंट स्कूल में पढ़ रहे हैं। आजमगढ़ के DIOS अजय कुमार गुप्ता की तीनों बच्चे लखनऊ में CBSE बोर्ड से पढ़ रहे हैं। इनमें बड़ी बेटी 7वीं, छोटी 4वीं और बेटा तीसरी कक्षा में है। प्रयागराज के DIOS संतोष कुमार के 2 बच्चे लखनऊ के प्राइवेट स्कूल में पढ़ते हैं। सिर्फ एक ने यूपी बोर्ड चुना, लेकिन स्कूल प्राइवेट फर्रुखाबाद के DIOS संजीव कुमार एकमात्र ऐसे अफसर हैं ,जिनके बच्चे यूपी बोर्ड के स्कूल में पढ़ते हैं। उनके बच्चे बाराबंकी में यूपी बोर्ड से संचालित एक प्राइवेट स्कूल में पढ़ रहे हैं। गोरखपुर के DIOS अजीत सिंह का बेटा-बेटी आईसीएसई बोर्ड के लिटिल फ्लावर स्कूल में पढ़ रहे हैं। हरदोई के DIOS अरविंद कुमार पाठक की दोनों बेटियां कॉन्वेंट स्कूल में पढ़ रही हैं। गाजीपुर की DIOS उपासना रानी वर्मा की एक बेटी और एक बेटा माउंट लिटेरा जी. स्कूल में पढ़ते हैं। बेटी 9वीं और बेटा 10वीं में है। सहारनपुर के DIOS जयकरण यादव के दोनों बच्चे प्राइवेट स्कूल में पढ़ते हैं। BSA भी प्राइवेट स्कूलों की दौड़ में शामिल अमेठी के BSA संजय तिवारी के दोनों बेटे सम्राट और स्वराज CBSE बोर्ड से कक्षा- 4 और KG में पढ़ रहे हैं। सोनभद्र के BSA मुकुल आनंद पांडे का 10 साल का बेटा गाजीपुर के कॉन्वेंट स्कूल में चौथी कक्षा में है। गोरखपुर के BSA धीरेंद्र त्रिपाठी की तीन बेटियों की पढ़ाई पूरी हो चुकी है। प्रयागराज के BSA अनिल कुमार का बेटा महर्षि पतंजलि और बेटी सेंट मैरी कॉन्वेंट में पढ़ती है। दोनों छोटी कक्षाओं में हैं। नोएडा के BSA राहुल कंवर के बच्चे बागपत में CBSE बोर्ड से पढ़ रहे हैं। संभल की BSA अलका शर्मा की 10 साल की बेटी भी प्राइवेट स्कूल में पढ़ रही है। कुछ अफसरों के बच्चे उच्च शिक्षा या पढ़ाई पूरी कर जॉब कर रहे कई अफसरों के बच्चे स्कूल की पढ़ाई पूरी कर चुके हैं। सीतापुर के BSA गोरखनाथ पटेल का बेटा MBBS कर रहा है। फतेहपुर के DIOS राकेश कुमार का एक बेटा नोएडा में सिविल सेवा की तैयारी कर रहा है। 2 बेटियों में एक BA प्रथम वर्ष में है, जबकि दूसरी लखनऊ से ग्रेजुएशन कर रही है। बलिया के DIOS मनोज कुमार मिश्र के 2 बच्चों में एक ग्रेजुएशन पूरा कर चुका है, जबकि दूसरा ग्रेजुएशन कर रहा है। बागपत के DIOS राजीव कुमार यादव के बेटे-बेटी दोनों की पढ़ाई पूरी हो चुकी है। दोनों नौकरी कर रहे हैं। कुछ अफसरों के बच्चे अभी छोटे प्रदेश के कई BSA-DIOS ऐसे भी हैं, जिनके बच्चे अभी स्कूल जाने की उम्र में नहीं हैं। आजमगढ़ के BSA राजीव पाठक का बेटा 3 साल का है। फतेहपुर की BSA प्रिंशी मौर्या की 2 साल की बेटी है। बहराइच के BSA आशीष सिंह का बेटा 2 साल का है। बस्ती के BSA अनूप कुमार और DIOS संजय सिंह के बेटे भी छोटे हैं। चंदौली के DIOS धर्मेंद्र कुमार का बेटा एक साल का है। बलिया के BSA मनीष कुमार सिंह की 3 महीने की बेटी है। भदोही के DIOS का बच्चा 8 महीने का और जौनपुर के BSA समीर कुमार का बच्चा 6 महीने का है। सुल्तानपुर के BSA उपेंद्र गुप्ता की 3 महीने की बेटी है। लखीमपुर खीरी के BSA प्रवीण कुमार के जुड़वां बच्चे छोटे हैं। पीलीभीत की BSA रोशनी सिंह, हरदोई के BSA प्रभाष मिश्रा, मेरठ की BSA आशा चौधरी, वाराणसी के BSA भूपेंद्र सिंह और मिर्जापुर के BSA अनिल वर्मा के बच्चे भी अभी छोटे हैं। --------------------------- ये एक्सप्लेनर पढ़ें - आन्जनेय के लिए केंद्र ने 7 बार नियम ढीले किए, क्या अब फिर मिलेगा एक्सटेंशन; सीनियर IAS को सरकार क्यों करती है इतना पसंद सपा के कद्दावर नेता आजम खान को अर्श से फर्श पर लाने वाले IAS आन्जनेय सिंह की यूपी में प्रतिनियुक्ति की अवधि पूरी हो चुकी है। वे मुरादाबाद मंडल कमिश्नर का चार्ज मुरादाबाद DM को सौंपकर छुट्टी पर चले गए हैं। मूल कैडर सिक्किम से यूपी आने के बाद 7 बार यह अवधि बढ़ाई जा चुकी है। पढ़िए पूरी खबर…

दैनिक भास्कर 26 Aug 2026 5:25 am

Allahabad High Court ने यूपी बेसिक शिक्षा विभाग पर जताई चिंता, BSA से मांगा हलफनामा

इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने एक आदेश में कहा है कि उत्तर प्रदेश के बेसिक शिक्षा विभाग में ‘‘चिंताजनक हालात’’ बने हुए हैं और भ्रष्टाचार तथा अवैध लाभ लेने के आरोप अक्सर उसके संज्ञान में लाए जाते हैं। न्यायमूर्ति मंजू रानी चौहान ने करीब छह वर्षों से अदालत में लंबित एक रिट याचिका को वापस लेने की अनुमति संबंधी आवेदन पर सुनवाई करते हुए यह टिप्पणी की। उपहार कुशवाहा नाम के व्यक्ति ने प्रयागराज के जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) द्वारा 2018 में पारित एक आदेश को चुनौती दी थी। याचिका में सहायक अध्यापक के रूप में अपने काम में हस्तक्षेप से सुरक्षा और नियमित वेतन दिए जाने की मांग की गई थी। हालांकि, 20 अगस्त को याचिकाकर्ता ने यह कहते हुए याचिका वापस लेने की अनुमति मांगी कि उसकी शिकायत का निस्तारण कर दिया गया है। अदालत ने इस दावे को बिना जांच-पड़ताल के स्वीकार करने से इनकार कर दिया। अदालत ने कहा कि यह दिखाने के लिए कोई आदेश या दस्तावेज पेश नहीं किया गया है कि शिकायत का निस्तारण किस तरह किया गया। मामले की 19 जुलाई, 2019 से कई बार सुनवाई हो चुकी है और 18 नवंबर, 2019 को बीएसए के आदेश पर रोक लगाते हुए अंतरिम आदेश भी पारित किया गया था। पीठ ने कहा, ‘‘जो बात स्पष्ट रूप से नदारद है, वह यह है कि कथित शिकायत का किस तरह निस्तारण किया गया। यह दावा कि शिकायत का समाधान कर दिया गया है, बिना जांच-पड़ताल के स्वीकार नहीं किया जा सकता, खासकर तब जब यह याचिका वर्षों से लंबित है।’’अदालत ने इस बात पर बल दिया कि जब किसी आदेश को चुनौती दी गई हो और सुनवाई के दौरान उसे निष्प्रभावी करने का प्रयास किया जाए तो सक्षम अधिकारी को उन परिस्थितियों का उल्लेख और स्पष्ट रूप से व्याख्या करनी होगी, जिनके तहत कथित तौर पर आदेश वापस लिया गया या शिकायत का समाधान किया गया। उच्च न्यायालय ने कहा कि बाद में की गई ऐसी प्रशासनिक कार्रवाई, जिसका कोई स्पष्ट कारण नहीं बताया गया हो, अदालत की प्रक्रिया को विफल करने का माध्यम नहीं बन सकती। इसलिए अदालत ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को व्यक्तिगत हलफनामा दाखिल कर यह बताने का निर्देश दिया कि याचिकाकर्ता की शिकायत का कथित तौर पर कब और किस तरह निस्तारण किया गया। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 10 सितंबर, 2026 की तारीख तय की है।

प्रभासाक्षी 26 Aug 2026 5:12 am

ई-अटेंडेंस पर जल्द आएगा स्कूल शिक्षा विभाग का नया सर्कुलर:संकुल प्राचार्यों को मिलेगा राहत देने का अधिकार, मनमानी पर लगेगी रोक

मध्य प्रदेश में ई-अटेंडेंस को लेकर शिक्षकों के विरोध के बीच स्कूल शिक्षा विभाग अब इसके पॉवर डेलिगेट करने की तैयारी में है। जल्द ही जिलों में पदस्थ संकुल प्राचार्यों को इसके पॉवर दिए जाएंगे और उचित कारण होने की दशा में संकुल प्राचार्य अपने विद्यालय क्षेत्र में आने वाले शिक्षकों को ई-अटेंडेंस लगाने के मामले में देरी पर राहत दे सकेंगे। जल्दी ही इसके आदेश विभाग जारी करने वाला है। लोक शिक्षण आयुक्त अभिषेक सिंह ने कहा कि शिक्षकों की ई-अटेंडेंस व्यवस्था अब सामान्य स्थिति में आ गई है। रोज 97 से 98 प्रतिशत शिक्षकों द्वारा ई अटेंडेंस लगाई जा रही है, इसलिए अब उचित कारण के साथ संकुल प्राचार्यों को इससे संबंधित पॉवर दिए जाएंगे। जल्दी ही इसको लेकर अगले 15 दिनों में सर्कुलर जारी कर दिया जाएगा। देरी पर व्यवहारिक दृष्टिकोण अपनाएंगे संकुल प्राचार्यों के लिए जारी किए जाने वाले मार्गदर्शी सिद्धांत में यह स्पष्ट किया जाएगा कि किस तरह के मामलों में ई अटेंडेंस लगाने में देरी पर व्यवहारिक दृष्टिकोण अपनाते हुए संकुल प्राचार्य अपने संकुल क्षेत्र के शिक्षकों को राहत दे सकेंगे। इस निर्देश में यह भी साफ रहेगा कि संकुल प्राचार्य मनमानी न कर सकें और ई अटेंडेंस में किसी तरह की गड़बड़ी नहीं होने पाए। सिर्फ व्यवहारिक दिक्कतों को स्वीकार करेंगे आयुक्त सिंह ने कहा कि विभाग का उद्देश्य शिक्षकों को पीनलाइज या प्रताड़ित करना नहीं है बल्कि एक व्यवस्थित सिस्टम को प्रभावी करना है और शिक्षकों द्वारा इसका पालन भी किया जा रहा है। सिंह के अनुसार व्यवहारिक दिक्कतों को ई-अटेंडेंस में स्वीकार किया जाएगा लेकिन आदतन ई-अटेंडेंस नहीं लगाने और इसका दुरुपयोग करने की कोशिश पर एक्शन लिया जाएगा। इसके अलावा हमारे शिक्षक साफ्टवेयर में इससे संबंधित और भी जो दिक्कतें हैं, उसका समाधान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पिछले दिनों अध्यापक शिक्षक संयुक्त मोर्चा के पदाधिकारियों ने भी इसको लेकर शिक्षकों के समक्ष पेश आने वाली दिक्कतों के बारे में बताया है। इसलिए वे उसमें सुधार कराएंगे। जून का ई-अटेंडेंस के कारण रोका वेतन मिलेगालोक शिक्षण आयुक्त अभिषेक सिंह ने यह भी कहा कि जून माह का जिन शिक्षकों का ई अटेंडेंस के कारण वेतन रुका है या काटा गया है, उसे शिक्षकों को पे किया जाएगा। यह निर्णय उन शिक्षकों के मामले में लागू होगा जिनका जुलाई और अगस्त का ई अटेंडेंस प्रॉपर लग रहा है। आदतन देर से आने वाले या ई अटेंडेंस नहीं लगाने वालों के वेतन में कटौती जारी रहेगी। उन्होंने शिक्षकों से कहा है कि वे व्यवहारिक दिक्कतें अपने संकुल प्राचार्यों के संज्ञान में अभी भी ला सकते हैं जिस पर सुनवाई की जाएगी।

दैनिक भास्कर 26 Aug 2026 5:05 am

विकसित भारत की राह में जर्जर शिक्षा व्यवस्था सबसे बड़ा सवाल

भारत आज वर्ष 2047 तक विकसित राष्ट्र बनने का संकल्प लेकर आगे बढ़ रहा है। एक शिक्षक, टूटती दीवारें और घटते सरकारी स्कूल-क्या शिक्षा के बिना 2047 का सपना पूरा होगा? दुनिया की तीसरी बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की दिशा में देश की प्रगति, डिजिटल क्रांति, अंतरिक्ष उपलब्धियां, आधारभूत ढांचे का विस्तार और वैश्विक मंच पर ... Read more

अजमेरनामा 26 Aug 2026 4:05 am

Shahjahanpur News: बच्चों की शिक्षा को बेहतर बनाने के लिए नवाचार पर मंथन

बच्चों की शिक्षा को बेहतर बनाने के लिए नवाचार पर मंथन

अमर उजाला 26 Aug 2026 1:44 am

Lalitpur News: युवाओं में बढ़ रहा तकनीकी शिक्षा के प्रति आकर्षण

ललितपुर। केवल पढ़ाई पूरी कर लेना कई बार काफी नहीं होता है। कंपनियों और छोटे उद्यमियों को ऐसे युवाओं की जरूरत है, जो मशीनों को समझें और औजार चला सकें।

अमर उजाला 26 Aug 2026 1:43 am

एडेड महाविद्यालयों में असिस्टेंट प्रोफेसर के 4043 पदों पर भर्ती:उच्च शिक्षा निदेशक ने राज्य शिक्षा सेवा चयन आयोग को भेजा अधियाचन

प्रदेश के अशासकीय सहायता प्राप्त (एडेड) महाविद्यालयों में असिस्टेंट प्रोफेसर के 4043 रिक्त पदों पर भर्ती की प्रक्रिया जल्द शुरू होगी। उच्च शिक्षा निदेशालय ने इन पदों का ऑनलाइन अधियाचन राज्य शिक्षा सेवा चयन आयोग, प्रयागराज को भेज दिया है। अधियाचन प्राप्त होने के बाद आयोग ने भर्ती की आगे की प्रक्रिया शुरू कर दी है। उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. मोनिका सिंह ने मंगलवार को 42 विषयों के लिए असिस्टेंट प्रोफेसर के 1,936 पदों का ऑनलाइन अधियाचन उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग को भेजा। हालांकि, बीएड विषय से संबंधित मामला उच्च न्यायालय में लंबित होने के कारण उसे इस ताजा अधियाचन से अलग रखा गया है। इससे पहले जुलाई माह में उच्च शिक्षा विभाग की ओर से 330 एडेड महाविद्यालयों के 2,107 पदों का ऑनलाइन अधियाचन भेजा गया था। इन दोनों चरणों के अधियाचनों को मिलाकर, अब उच्च शिक्षा निदेशालय से असिस्टेंट प्रोफेसर के कुल 4,043 पदों का प्रस्ताव राज्य शिक्षा सेवा चयन आयोग को प्राप्त हो चुका है। आने वाले दिनों में आयोग की ओर से इन सभी पदों पर भर्ती के लिए विस्तृत विज्ञापन जारी किए जाने की उम्मीद है। इससे लंबे समय से नई भर्तियों का इंतजार कर रहे अभ्यर्थियों को बड़ी राहत मिलेगी। वर्तमान में, वर्ष 2022 में जारी विज्ञापन संख्या 51 के तहत 34 विषयों के 1,017 पदों की पुरानी भर्ती प्रक्रिया चल रही है। इसकी लिखित परीक्षा के बाद सफल अभ्यर्थियों के साक्षात्कार पिछले महीने शुरू हुए थे, लेकिन एक अदालती मामले के लंबित होने के कारण इसे स्थगित कर दिया गया है। इसके अतिरिक्त, महाविद्यालयों में प्राचार्य के 111 पदों पर भी भर्ती प्रक्रिया जारी है। कौन कर सकता है आवेदन इन पदों पर आवेदन करने के इच्छुक अभ्यर्थियों के पास संबंधित विषय में कम से कम 55 प्रतिशत अंकों के साथ मास्टर डिग्री होना अनिवार्य है। इसके साथ ही राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा यानी नेट (NET) उत्तीर्ण होना जरूरी है या फिर यूजीसी के तय मानकों के अनुसार पीएचडी की डिग्री धारक होना आवश्यक है। अब युवाओं की निगाहें राज्य शिक्षा सेवा चयन आयोग के अगले आधिकारिक विज्ञापन पर टिकी हैं।

दैनिक भास्कर 25 Aug 2026 11:09 pm

शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी से मिले अनिल बलूनी, केंद्रीय विद्यालय खोलने की रखी मांग

New Delhi, 25 अगस्त . भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता और गढ़वाल से सांसद अनिल बलूनी ने उत्तराखंड में केंद्रीय विद्यालयों की स्थापना को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी से मुलाकात की. उन्होंने उत्तराखंड की ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण समेत तीन अन्य स्थानों पर केंद्रीय विद्यालय खोलने की मांग रखी. BJP MP अनिल ... Read more

डेली किरण 25 Aug 2026 10:53 pm

AISA President Neha Bora ने कहा, समाज के विकास के लिए शिक्षा तक सबकी पहुंच जरूरी

(फोटो के साथ)मुंबई, 25 अगस्त ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा) की अध्यक्ष नेहा बोरा ने मंगलवार को कहा कि समाज और देशों की प्रगति में शिक्षा एक महत्वपूर्ण कारक है और आबादी के एक बड़े हिस्से को शिक्षा व्यवस्था से बाहर रखना उन्हें पिछड़ेपन की ओर धकेलने के समान है। नेटवर्क ऑफ वुमेन इन मीडिया, इंडिया (एनडब्ल्यूएमआई) की ओर से मुंबई प्रेस क्लब में आयोजित एक संवाद कार्यक्रम में बोरा ने कहा कि मृत्यु दर, शिशु मृत्यु दर, साक्षरता, खुशहाली और प्रेस की स्वतंत्रता जैसे मानकों पर समाजों और देशों की तुलना करने वाले कई अध्ययनों में शिक्षा को प्रगति को प्रभावित करने वाला एक महत्वपूर्ण साझा कारक पाया गया है। उन्होंने कहा, ‘‘एक साझा कारक शिक्षा है। अगर आप असमानताओं को बनाए रखने की कोशिश कर रहे हैं और समाज के एक बड़े हिस्से को शिक्षा से दूर रखने की कोशिश कर रहे हैं, तो आप यह भी सुनिश्चित कर रहे हैं कि आप पीछे ही बने रहें।’’बोरा ने दावा किया कि वामपंथी दलों को छोड़कर अन्य राजनीतिक दल शिक्षा को प्राथमिकता नहीं देते। बोरा ने राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) प्रश्नपत्र लीक के विरोध में जुलाई में दिल्ली में जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के साथ 23 दिन की भूख हड़ताल की थी। जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) में पीएचडी कर रहीं बोरा ने कहा कि देश के पिछड़ने पर सवाल उठाने के साथ-साथ समाज के एक बड़े हिस्से को शिक्षा तक पहुंच से वंचित करने की प्रवृत्ति पर भी सवाल उठाया जाना चाहिए। आइसा भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी-लेनिनवादी) लिबरेशन से संबद्ध छात्र संगठन है। झारखंड में भर्ती परीक्षा में कथित अनियमितताओं के खिलाफ विरोध प्रदर्शन में भी हिस्सा ले चुकीं बोरा ने कहा कि असमानताओं को कम करने और व्यापक सामाजिक विकास सुनिश्चित करने के लिए शिक्षा तक समावेशी पहुंच आवश्यक है। उन्होंने कहा कि शिक्षा लोगों के कल्याण के लिए है और सभी के लिए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है। बोरा ने कहा, ‘‘सपना एक ऐसे देश का निर्माण करना था जो समानता पर आधारित हो। लोकतंत्र मूल रूप से समानता के बारे में है। हमें उन पूर्वजों का सम्मान करना चाहिए जिन्होंने इस आदर्श के लिए संघर्ष किया और उनकी दृष्टि को आगे बढ़ाना चाहिए। समानता एक खूबसूरत चीज है और यह न्यायपूर्ण समाज की नींव है।’’आइसा अध्यक्ष ने कहा कि आज दिखाई देने वाली समस्याएं वर्षों से पैदा हो रही हैं और शिक्षा का स्थान धीरे-धीरे निजीकरण लेता गया है। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था में व्यावहारिक समाधानों पर आधारित व्यापक बदलाव की जरूरत पर बल दिया। इस कार्यक्रम में मॉडल रिया अहीर ने भी अपने विचार रखे। रिया पिछले महीने छात्र प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिए जाने से रोकने के लिए मुंबई पुलिस की एक वैन के सामने खड़े होने के बाद देशभर में चर्चा में आई थीं। अहीर ने कहा कि राजनीति हमेशा से उनके जीवन का हिस्सा रही है और वह सामाजिक तथा राजनीतिक मुद्दों पर खुलकर अपनी बात रखती रही हैं। अहीर ने कहा, ‘‘हमारे माता-पिता हमारी आलोचना इसलिए करते हैं क्योंकि वे चाहते हैं कि हम बेहतर करें। वे हमारी आलोचना इसलिए करते हैं क्योंकि वे हमसे प्यार करते हैं। इसी तरह सरकार पर सवाल उठाने और उसकी आलोचना करने का यह मतलब नहीं है कि हम अपने देश से प्यार नहीं करते। यह हमारा लोकतांत्रिक अधिकार है और देश के भविष्य को लेकर हमारी चिंता से पैदा होता है।’’बोरा और अहीर दोनों ने कहा कि उनके परिवारों की सेना से जुड़ी पृष्ठभूमि ने उन्हें सामुदायिक जीवन के महत्व को समझना सिखाया है। कश्मीर में ‘‘आजादी’’ के नारों के समर्थन से जुड़े सवाल पर बोरा ने कहा, ‘‘मैं कश्मीरियों की आकांक्षाओं का समर्थन करती हूं। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) कहती है कि उसके शासन में कश्मीरी खुश हैं।’’ आइसा अध्यक्ष ने युवाओं की आकांक्षाओं का समर्थन करने के लिए कांग्रेस सांसद राहुल गांधी की सराहना की।

प्रभासाक्षी 25 Aug 2026 10:02 pm

सहायक कृषि अभियंता एवं कृषि अनुसंधान अधिकारी (कृषि रसायन) भर्ती के अभ्यर्थियों की पात्रता जांच व दस्तावेज सत्यापन का कार्यक्रम जारी

कृषि विभाग द्वारा विभिन्न पदों पर भर्ती प्रक्रिया को आगे बढ़ाते हुए सहायक कृषि अभियंता एवं कृषि अनुसंधान अधिकारी (कृषि रसायन) पदों के अभ्यर्थियों की पात्रता जांच...

खास खबर 25 Aug 2026 8:49 pm

धरातल पर स्कूल नहीं, फिर भी शिक्षा विभाग के पोर्टल पर हो रहा संचालन, मध्य प्रदेश के अशोकनगर में आरटीई से हुआ खुलासा

शिक्षा के अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत निजी स्कूलों में बच्चों के प्रवेश की प्रक्रिया को लेकर चंदेरी में सामने आए एक मामले ने शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

दैनिक जागरण 25 Aug 2026 7:44 pm

सांसद बोले- विकास कार्यों में गुणवत्ता से समझौता न हो:शाजापुर में 'दिशा' बैठक में सख्त निर्देश; जल-सड़क और शिक्षा विभागों के कार्यों की समीक्षा

शाजापुर जिला मुख्यालय पर मंगलवार को क्षेत्रीय सांसद महेंद्र सिंह सोलंकी की अध्यक्षता में 'जिला विकास समन्वय एवं अनुश्रवण समिति' (दिशा) की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में चल रही विभिन्न विकास योजनाओं और निर्माण कार्यों की प्रगति की बिंदुवार समीक्षा की गई। सांसद ने अधिकारियों और निर्माण एजेंसियों को गुणवत्ता बनाए रखते हुए सभी प्रोजेक्ट्स को समय-सीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए। जल और सिंचाई परियोजनाओं पर विशेष ध्यान सांसद सोलंकी ने जल निगम के अधिकारियों से लखुंदर और चीलर डेम योजना के प्रगति की जानकारी ली। उन्होंने पार्वती-कालीसिंध-चंबल लिंक परियोजना के जरिए जिले के अधिक से अधिक गांवों को जोड़ने की संभावनाओं पर चर्चा की। इसके अलावा 'जल जीवन मिशन' के तहत खोदी गई सड़कों का रेस्टोरेशन समय पर करने और ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए पीएचई विभाग को निर्देशित किया। शिक्षा और कृषि क्षेत्र की समीक्षा शिक्षा विभाग की समीक्षा करते हुए स्कूलों और छात्रावासों में स्वच्छता, शिक्षकों की नियमित उपस्थिति और भोजन की गुणवत्ता सुधारने के निर्देश दिए गए। जर्जर भवनों में चल रहे स्कूलों को चिन्हित कर स्थानांतरित करने को कहा गया। वहीं कृषि विभाग को ग्राम चौपाल लगाकर किसानों को मिट्टी परीक्षण, जैविक खेती और मौसमी बीमारियों से बचाव के प्रति जागरूक करने के निर्देश मिले। जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी रहे मौजूद बैठक में सांसद निधि, पीएम आवास, किसान सम्मान निधि, उज्ज्वला योजना और पीडब्ल्यूडी के कार्यों का भी लेखा-जोखा लिया गया। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष हेमराज सिंह सिसोदिया, विधायक अरुण भीमावद, कलेक्टर ऋजु बाफना और एसपी प्रियंका शुक्ला सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

दैनिक भास्कर 25 Aug 2026 7:07 pm

दौसा में राज्यपाल की बैठक, टीबी उपचार से नशामुक्ति और शिक्षा पर सख्त निर्देश

दौसा में राज्यपाल हरिभाऊ बागडे ने टीबी उपचार, नशे पर कार्रवाई और शिक्षा व्यवस्था की समीक्षा कर अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए।

प्रातःकाल 25 Aug 2026 6:51 pm

बेगूसराय- शिक्षक भर्ती एग्जाम के पैटर्न बदले जाने का विरोध:भाजपा की यूथ विंग के बैनर तले प्रदर्शन, अभ्यर्थियों ने एसडीओ को शिक्षा मंत्री के नाम खुला पत्र सौंपा

बीपीएससी TRE-4 में किए गए बदलाव को लेकर भाजपा की युवा इकाई ने विरोध शुरू कर दिया है। बखरी में शिक्षक अभ्यर्थियों की ओर से मंगलवार को भाजयुमो नगर अध्यक्ष प्रिंस सिंह परमार के नेतृत्व में विरोध मार्च निकला गया। भाजयुमो के बैनर तले अभ्यर्थियों ने बीपीएससी टीआरई-4 के तहत होने वाली शिक्षक पात्रता परीक्षा के पैटर्न बदले जाने पर विरोध जताया। इन लोगों ने शिक्षा मंत्री से पहल करने की मांग की। अपनी मांगों को लेकर बीपीएससी अभ्यर्थियों ने अंबेडकर चौक से एकजुट होकर शांतिपूर्ण नारेबाजी करते हुए अनुमंडल कार्यालय तक विरोध मार्च निकाला। जहां शिक्षा मंत्री के नाम खुला पत्र एसडीओ सन्नी कुमार सौरभ को सौंपा गया। अभ्यर्थी बोले- पैटर्न बदले जाने से अभ्यर्थियों में रोष है प्रदीप कुमार ने कहा कि शिक्षक अभ्यर्थियों के लंबे संघर्ष के बाद सरकार ने लगभग 32 हजार पदों पर शिक्षक भर्ती का ऐलान किया है। लेकिन इस परीक्षा के पैटर्न बदले जाने से शिक्षक अभ्यर्थियों में रोष है। अभ्यर्थियों का कहना है कि भर्ती प्रक्रिया को लेकर लंबे समय से असमंजस बना हुआ था। कई बार तारीखों और प्रक्रिया को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं होने से उनकी तैयारी प्रभावित हुई। अभ्यर्थी सुमनजीत सुमन ने कहा कि बिहार प्रतियोगी परीक्षा पेपर लीक और कथित अनियमितताओं के आरोपों को लेकर चर्चा में रही है। अभ्यर्थी चाहते हैं कि TRE-4 की प्रक्रिया ऐसी हो जिसमें प्रश्नपत्र से लेकर परीक्षा, मूल्यांकन, रिजल्ट और नियुक्ति तक पूरी पारदर्शिता बरती जाए। अभ्यर्थियों के आंदोलन के पीछे यही डर भी है कि कहीं नई भर्ती भी पुरानी प्रक्रियाओं की तरह लंबी न खिंच जाए। शिक्षक अभ्यर्थियों ने पहले की तरह परीक्षा पैटर्न जारी रखने, डोमिसाइल नीति लागू करने, नेगेटिव मार्किंग पर रोक लगाने की मांग शिक्षा मंत्री से की। मौके पर अभाविप के जिला संयोजक अनुभव आनंद, नगर मंत्री सौरव, राजन, मनीष, गौरव, अरविंद, पप्पू, रविन्द्र, दिलखुश सहित बड़ी संख्या में शिक्षक अभ्यर्थी मौजूद थे। भाजपा जिलाध्यक्ष बोले- भाजयुमो के बैनर तले प्रदर्शन करना गलत है भाजपा के जिला प्रवक्ता सिधेश आर्य ने कहा है कि भाजयुमो द्वारा अगर मोर्चाबंदी किया जा रहा है, तो यह अज्ञानता है। क्योंकि भाजपा सरकार में है और हमारी पार्टी के सम्राट चौधरी मुख्यमंत्री हैं। ऐसे में युवा मोर्चा द्वारा अगर मोर्चाबंदी की जाती है तो यह गलत है। ऐसे लोगों को अपने पद पर नहीं रहना चाहिए। पार्टी ने इस मामले को गंभीरता से लिया है। पार्टी का मानना है कि यह दल विरोधी आचरण है। ऐसे लोगों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

दैनिक भास्कर 25 Aug 2026 6:50 pm

सरकारी स्कूल में एडमिशन लें तेजस्वी फिर... नेता प्रतिपक्ष को सम्राट के शिक्षा मंत्री ने क्यों दी सलाह?

शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा है कि तेजस्वी यादव पहले किसी स्कूल में एडिमशन लेकर दसवीं पास कर लें उसके बाद परीक्षा पर अपना सुझाव पेश करें।

लाइव हिन्दुस्तान 25 Aug 2026 6:43 pm

बिहार: नालंदा विश्वविद्यालय पहुंची संसदीय समिति, वैश्विक शिक्षा और विरासत पर्यटन को बढ़ावा देने पर जोर

राजगीर (नालंदा), 25 अगस्त . परिवहन, पर्यटन एवं संस्कृति संबंधी संसदीय स्थायी समिति के अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद संजय कुमार झा के नेतृत्व में 19 सदस्यीय संसदीय प्रतिनिधिमंडल ने Tuesday को बिहार में नालंदा विश्वविद्यालय का दौरा किया. नालंदा-राजगीर क्षेत्र के अध्ययन दौरे के क्रम में विश्वविद्यालय परिसर पहुंचने पर प्रतिनिधिमंडल का वैदिक मंत्रोच्चार के ... Read more

डेली किरण 25 Aug 2026 6:33 pm

शिक्षा में समस्या: दुर्ग में स्कूली स्टूडेंट तो खैरागढ़ में कॉलेज छात्राएं सड़क पर उतरीं, हरकत में आया प्रशासन

प्रदेश के दुर्ग और खैरागढ़ जिलों में शिक्षा व्यवस्था की लाचारी के खिलाफ विद्यार्थियों का आक्रोश फूट पड़ा है। दुर्ग जिले के स्कूलों में बुनियादी सुविधाओं और शिक्षकों की कमी के कारण छात्रों ने मुख्य मार्ग पर चक्काजाम किया। वहीं खैरागढ़ में बीएससी के परिणाम में देरी और विसंगतियों को लेकर कॉलेज के छात्र सड़क पर उतरकर विरोध प्रदर्शन करने लगे।

दैनिक जागरण 25 Aug 2026 6:25 pm

विकसित भारत की राह में जर्जर शिक्षा व्यवस्था सबसे बड़ा सवाल

विकसित भारत की राह में जर्जर शिक्षा व्यवस्था The post विकसित भारत की राह में जर्जर शिक्षा व्यवस्था सबसे बड़ा सवाल appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम - Pravakta.Com .

प्रवक्ता 25 Aug 2026 6:04 pm

उदयपुर के शिक्षाविद् व उद्योगपति ने बड़ीसादड़ी विवेकानंद मॉडल स्कूल का किया निरीक्षण

उदयपुर के शिक्षाविद् डॉ. एच. एस. कंठालिया और उद्योगपति पुष्पेंद्र परमार ने बड़ीसादड़ी मॉडल स्कूल का निरीक्षण कर विद्यार्थियों को सम्मानित किया।

प्रातःकाल 25 Aug 2026 5:05 pm

नालंदा पहुंची 19 सांसदों की टीम, शिक्षा, पर्यटन और संस्कृति को बढ़ावा देने पर हुआ मंथन

25 अगस्त, मंगलवार: नालंदा में 19 सांसदों वाली संयुक्त संसदीय स्थायी समिति की टीम ने नालंदा विश्वविद्यालय का दौरा किया। समिति ने शिक्षा, पर्यटन, संस्कृति, पर्यावरण और भविष्य की योजनाओं पर जानकारी ली। गया, राजगीर और नालंदा को जोड़कर पर्यटन गलियारा विकसित करने पर भी चर्चा हुई।

लाइव हिन्दुस्तान 25 Aug 2026 5:03 pm

फतेहाबाद के सरकारी स्कूल में टीचरों की कमी:संगठन ने शिक्षा विभाग को दी चेतावनी; विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित

फतेहाबाद जिले के गांव बोड़ा के सरकारी मिडल स्कूल में टीचरों की कमी का मामला सामने आया है। इंकलाबी नौजवान सभा हरियाणा ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों से इस समस्या के तत्काल समाधान की मांग की है। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही पर्याप्त टीचरों की नियुक्ति नहीं की गई, तो अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा। मंगलवार को संगठन के एक प्रतिनिधिमंडल ने खंड शिक्षा अधिकारी, रतिया से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने स्कूल में टीचरों की कमी के कारण विद्यार्थियों को हो रही पढ़ाई संबंधी परेशानियों से अवगत कराया। संगठन के सदस्यों ने बताया कि सरकारी स्कूलों में बड़ी संख्या में ग्रामीण क्षेत्र के बच्चे शिक्षा प्राप्त करते हैं। टीचरों की कमी से उनकी पढ़ाई सीधे तौर पर प्रभावित हो रही है। शिक्षा उपलब्ध कराना सरकार की जिम्मेदारी उन्होंने शिक्षा विभाग से मांग की, कि विद्यार्थियों की संख्या के अनुसार जल्द से जल्द पर्याप्त अध्यापकों की नियुक्ति की जाए। इंकलाबी नौजवान सभा हरियाणा के सदस्यों ने जोर दिया कि ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराना सरकार और शिक्षा विभाग की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि टीचरों की कमी का सीधा असर विद्यार्थियों के भविष्य पर पड़ रहा है, इसलिए इस समस्या का तत्काल समाधान आवश्यक है। संगठन और ग्रामीणों ने दी चेतावनी संगठन ने शिक्षा विभाग को स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि स्कूल में टीचरों की कमी को जल्द पूरा नहीं किया गया, तो संगठन और गांववासियों द्वारा सरकारी मिडल स्कूल बोड़ा के गेट पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा। यह धरना तब तक जारी रहेगा जब तक पर्याप्त अध्यापकों की नियुक्ति नहीं हो जाती। इस अवसर पर इंकलाबी नौजवान सभा हरियाणा के राज्य अध्यक्ष गुरप्रीत गोपी, बब्बू रतिया, दीपू बोड़ा, छिन्दा रतिया, दीप सिंह, मलकीत सिंह बोड़ा और मलकीत रतिया सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे।

दैनिक भास्कर 25 Aug 2026 5:01 pm

महिला शिक्षा ग्रामीण महिला विद्यापीठ में विधिक जागरूकता शिविर, बच्चों को गुड टच-बेड टच की दी जानकारी

सवाई माधोपुर के मैनपुरा में विधिक जागरूकता शिविर में बच्चों को गुड टच-बेड टच, लैंगिक अपराध और कानूनी अधिकारों की जानकारी दी गई।

प्रातःकाल 25 Aug 2026 4:59 pm

VIDEO: पटना छात्र आंदोलन में पहुंचा 6 साल का आदित्य, सम्राट चौधरी और शिक्षा मंत्री से की बड़ी मांग

पटना छात्र आंदोलन में पहली क्लास में पढ़ने वाला एक छह साल का बच्चा प्रदर्शनकारियों के समर्थन में सड़क पर दिखा। बच्चे ने सीएम सम्राट चौधरी से छात्रों के लिए नौकरी तो शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी से इस्तीफे की मांग कर दी।

लाइव हिन्दुस्तान 25 Aug 2026 4:22 pm

राज्यपाल ने ली अधिकारियों की बैठक, टीबी, नशा मुक्ति और शिक्षा व्यवस्था की समीक्षा

राज्यपाल हरिभाऊ बागडे ने मंगलवार को कलक्ट्रेट सभागार में अधिकारियों की बैठक लेकर जिले में टीबी की स्थिति, मादक पदार्थों की रोकथाम के लिए की जा रही कार्रवाई तथा शिक्षा व्यवस्था की विस्तृत समीक्षा की।

खास खबर 25 Aug 2026 3:57 pm

सवाई माधोपुर में शिक्षक समस्याओं पर मंथन, जिला शिक्षा अधिकारी से मिला शिक्षक संघ का शिष्टमंडल

सवाई माधोपुर में राजस्थान पंचायती राज एवं माध्यमिक शिक्षक संघ ने जिला शिक्षा अधिकारी से शिक्षकों की लंबित समस्याओं पर वार्ता की। एसीपी प्रकरणों के समाधान के आग्रह पर अधिकारी ने समयबद्ध निस्तारण का आश्वासन दिया।

प्रातःकाल 25 Aug 2026 3:53 pm

सासाराम में शिक्षाविद डॉ. एसपी वर्मा बोले: बच्चों में प्रतिस्पर्धा के लिए ओलंपियाड जरूरी

25 अगस्त, मंगलवार: सासाराम में शिक्षाविद् डॉ. एसपी वर्मा ने कहा कि ओलंपियाड बच्चों की प्रतिभा निखारने का बेहतर माध्यम है। उन्होंने नियमित आयोजन और आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को जोड़ने पर जोर दिया।

लाइव हिन्दुस्तान 25 Aug 2026 3:34 pm

हमारा बोर्ड बना तो हर माहेश्वरी परिवार को रोजगार, अपना घर और तीसरी संतान की शिक्षा का खर्च उठाएगी महासभा

अखिल भारतीय माहेश्वरी महासभा के सितंबर चुनाव से पहले त्रिभुवन काबरा और राजकुमार काल्या के पैनल ने भीलवाड़ा में विजन रखा। रोजगार, घर, तीसरी संतान की शिक्षा, यूनिवर्सिटी, हॉस्पिटल और एनबीएफसी की योजनाएं सामने आईं।

प्रातःकाल 25 Aug 2026 3:10 pm

job news 2026: इस जॉब के लिए करना हैं अप्लाई तो लास्ट डेट में बचे हैं 4 दिन, करें आज ही आवेदन

इंटरनेट डेस्क। बैंकिंग सेक्टर में जाकर नौकरी करने की सोच रहे हैं तो फिर ये खबर आपके लिए काम की है। जी हां इंस्टीट्यूट ऑफ बैंकिंग पर्सनल सिलेक्शन की ओर से क्लर्क के 11403 पदों पर निकली गई भर्ती के लिए आवेदन करने की लास्ट डेट को बढ़ा दिया गया है। इस भर्ती के लिए अब 28 अगस्त तक अभ्यर्थी अप्लाई कर सकते हैं। पदों के नाम- क्लर्क पदों की संख्या- 11403 आयु सीमा- उम्मीदवारों की न्यूनतम आयु 20 वर्ष और अधिकतम आयु 28 वर्ष निर्धारित है। आवेदन करने की आखिरी तारीख- 28 अगस्त , 2026 सैलेरी- पदों के अनुसार आवेदन - ऑनलाइन ज्यादा जानकारी के लिए आप वेबसाइटwww.ibps.in देख सकते हैं pc- natellaisazada.com

राजस्थान खबरे 25 Aug 2026 2:24 pm

पर्यावरण विभाग में इंजीनियर्स की निकली भर्ती, सैलरी 12 लाख तक

खास बात यह है कि आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑफलाइन है। उम्मीदवारों को निर्धारित आवेदन फॉर्म भरकर रजिस्टर्ड पोस्ट, स्पीड पोस्ट या स्वयं जाकर आवेदन जमा करना होगा। वरिष्ठ पर्यावरण इंजीनियर के चार पदों में यूआर के 3 और दिल्ली के ओबीसी (एनसीएल) का 1 पद है। पर्यावरण इंजीनियर के दो पदों में यूआर का 1 और दिल्ली के ओबीसी (एनसीएल) का 1 पद है।

खास खबर 25 Aug 2026 2:06 pm

Bank Security Guard Job 2026: इंडियन ओवरसीज बैंक में निकली सिक्योरिटी गार्ड पदों पर भर्ती, इस तारीख तक करें आवेदन

pc: jagran इंडियन ओवरसीज बैंक (IOB) ने सिक्योरिटी गार्ड के खाली पदों के लिए भर्ती की घोषणा की है। ऑनलाइन एप्लीकेशन प्रोसेस आज, 25 अगस्त, 2026 से शुरू हो गया है। योग्य उम्मीदवार 14 सितंबर, 2026 तक अपने एप्लीकेशन ऑनलाइन जमा कर सकते हैं। एप्लीकेशन पूरा करने के बाद, उम्मीदवार 29 सितंबर, 2026 तक जमा किए गए फॉर्म का प्रिंटआउट ले सकेंगे। कौन अप्लाई कर सकता है? इन पदों के लिए अप्लाई करने वाले उम्मीदवार आर्मी, नेवी या एयर फ़ोर्स के एक्स-सर्विसमैन या एक्स-अग्निवीर होने चाहिए। उम्र के हिसाब से, 1 अगस्त, 2026 को आवेदकों की उम्र 18 से 26 साल के बीच होनी चाहिए। एक्स-सर्विसमैन के लिए, तय नियमों के आधार पर ऊपरी उम्र सीमा में छूट दी जाएगी। उम्मीदवारों को 26 साल की उम्र के बाद सर्विस के समय का फ़ायदा मिलेगा, साथ ही तीन साल की अतिरिक्त छूट भी मिलेगी। हालांकि, ज़्यादा से ज़्यादा उम्र 45 साल से ज़्यादा नहीं होनी चाहिए। इसी तरह, एक्स-अग्निवीरों को 21 साल से ज़्यादा सर्विस के समय के आधार पर उम्र में छूट मिलेगी, साथ ही भर्ती नियमों के तहत तीन साल की एक्स्ट्रा छूट भी मिलेगी। कैंडिडेट्स का 10वीं क्लास या उसके बराबर का एग्जाम पास होना ज़रूरी है। जिन एप्लिकेंट्स ने ग्रेजुएशन या उसके बराबर की क्वालिफिकेशन पूरी कर ली है, वे इस भर्ती के लिए एलिजिबल नहीं हैं। एक और ज़रूरी शर्त यह है कि कैंडिडेट्स को तमिल बोलना, पढ़ना और लिखना आना चाहिए। ऑनलाइन अप्लाई कैसे करें एलिजिबल कैंडिडेट्स ऑफिशियल रजिस्ट्रेशन पोर्टल के ज़रिए खुद एप्लीकेशन प्रोसेस पूरा कर सकते हैं। एप्लीकेशन इन स्टेप्स को फॉलो करके सबमिट किया जा सकता है: रजिस्ट्रेशन पोर्टल ibpsreg.ibps.in/iobsgaug26/ पर जाएं। होमपेज पर, “Click here for New Registration” पर क्लिक करें। ज़रूरी डिटेल्स डालें और रजिस्ट्रेशन प्रोसेस पूरा करें। एप्लीकेशन फॉर्म में मांगी गई बाकी जानकारी भरें। ज़रूरी फोटो और सिग्नेचर अपलोड करें। डिटेल्स को ध्यान से देखें और एप्लीकेशन सबमिट करें। सबमिट करने के बाद, भरे हुए एप्लीकेशन फॉर्म का प्रिंटआउट लें और इसे भविष्य के लिए संभाल कर रखें। कोई एप्लीकेशन फीस नहीं कैंडिडेट ध्यान दें कि इस भर्ती के लिए कोई एप्लीकेशन फीस नहीं है। एलिजिबल एप्लिकेंट फॉर्म पूरी तरह से फ्री में जमा कर सकते हैं। कैंडिडेट को सलाह दी जाती है कि वे अपनी एप्लीकेशन जमा करने से पहले सभी एलिजिबिलिटी कंडीशन और भर्ती से जुड़ी दूसरी ज़रूरतों को ध्यान से चेक कर लें।

राजस्थान खबरे 25 Aug 2026 2:03 pm

IOCL Apprentice Recruitment 2026: 433 पदों के लिए करें अप्लाई, देखें डिटेल्स

pc: kalingatv इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (IOCL) अप्रेंटिस पोस्ट भरने के लिए योग्य कैंडिडेट्स से एप्लीकेशन ले रहा है। एप्लिकेंट IOCL की ऑफिशियल वेबसाइट iocl.com के ज़रिए ऑनलाइन अप्लाई कर सकते हैं। ऑफिशियल नोटिफिकेशन के मुताबिक, इस रिक्रूटमेंट ड्राइव से कुल 433 पोस्ट भरी जाएंगी। साउथ एशियन्स एंड डायस्पोरा एप्लीकेशन जमा करने की आखिरी तारीख 6 सितंबर, 2026 है। एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया कैंडिडेट्स ने NCVT/SCVT से मान्यता प्राप्त रेगुलर फुल-टाइम 2 (दो) साल का ITI कोर्स किया हो और मैट्रिक एग्जाम पास किया हो। संबंधित ट्रेड में ITI क्वालिफिकेशन के लिए, एलिजिबिलिटी पास मार्क होगी। 31 अगस्त, 2026 तक उम्र 18 साल से 24 साल के बीच होनी चाहिए। (SC/ST के लिए 5 साल की छूट, यानी ज़्यादा से ज़्यादा 29 साल तक, OBC-NCL के लिए 3 साल की छूट, यानी उनके लिए रिज़र्व पोस्ट के लिए ज़्यादा से ज़्यादा 27 साल तक)। PwBD कैटेगरी के कैंडिडेट्स को उम्र में 10 साल तक की छूट दी जाएगी (SC/ST के लिए 15 साल तक और OBC-NCL कैंडिडेट्स के लिए 13 साल तक)। सिलेक्शन प्रोसेस NAPS/NATS पोर्टल पर रजिस्टर्ड और नोटिफिकेशन के हिसाब से अप्लाई करने वाले कैंडिडेट्स को सिलेक्शन के लिए माना जाएगा। कोई रिटन टेस्ट/इंटरव्यू नहीं होगा। पोर्टल पर संबंधित पोस्ट के लिए अप्लाई करने वाले और एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया को पूरा करने वाले सभी कैंडिडेट्स की मेरिट लिस्ट पोस्ट के लिए तय क्वालिफिकेशन में मिले मार्क्स के परसेंटेज के आधार पर तैयार की जाएगी। अगर दो कैंडिडेट के मार्क्स एक जैसे हों, तो पहले जन्म की तारीख वाले कैंडिडेट (उम्र में ज़्यादा) को चुना जाएगा। अगर जन्म की तारीख एक जैसी हो, तो मैट्रिक में ज़्यादा परसेंटेज मार्क्स वाले कैंडिडेट को चुना जाएगा।

राजस्थान खबरे 25 Aug 2026 1:59 pm

मध्यप्रदेश के स्कूलों में 3 दिन होंगे जन्माष्टमी के कार्यक्रम, स्कूल शिक्षा विभाग का फरमान, आयोजन के फोटो-वीडियो भेजने के निर्देश

भोपाल। मध्यप्रदेश के स्कूलों में इस बार श्रीकृष्ण जन्माष्टमी को लेकर सरकारी स्तर पर विशेष आयोजन की तैयारी ने सियासी बहस छेड़ दी है। स्कूल शिक्षा विभाग के जन्माष्टमी को लेकर जारी दिशा निर्देश के मुताबिक प्रदेश के स्कूलों में 1 से 3 सितंबर 2026 तक कृष्ण जन्माष्टमी से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इनमें कृष्ण लीला का मंचन, गीता के संदेश पर नाटक-नृत्य और श्रीकृष्ण से जुड़े मिथकों की व्याख्या जैसे कार्यक्रम शामिल हैं। स्कूलों से आयोजन की फोटो और रिपोर्ट भी मांगी गई है। गौरतलब है कि पिछले वर्ष भी प्रदेश के स्कूलों में जन्माष्टमी पर कार्यक्रम किए गए थे। इस वर्ष भी जन्माष्टमी से पहले लोक शिक्षण आयुक्त की ओर से जारी पत्र में सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को एक से तीन सितम्बर तक जन्माष्टमी मनाने के निर्देश दिए गए है। जिला शिक्षा अधिकारियों को निर्देश जारी कर 1 से 3 सितंबर तक स्कूलों में अलग-अलग कार्यक्रम कराने को कहा गया है। स्कूलों में जन्माष्टमी मानने का उद्देश्य विद्यार्थियों में भारतीय संस्कृति, परंपराओं, नैतिक मूल्यों और आपसी भाईचारे की समझ विकसित करना हैष स्कूल शिक्षा विभाग ने सभी अधिकारियों से आयोजनों की जानकारी विभागीय ई-मेल पर भेजने के निर्देश भी दिए हैं। सरकार के इस फैसले को भाजपा ने भारतीय संस्कृति और श्रीकृष्ण के जीवन मूल्यों से नई पीढ़ी को परिचित कराने की पहल बताया है। भाजपा का कहना है कि श्रीकृष्ण की जीवन गाथा केवल धार्मिक संदर्भ तक सीमित नहीं है, बल्कि उसमें कर्तव्य, नेतृत्व, मित्रता और प्रबंधन जैसे विषय भी शामिल हैं। पार्टी ने कांग्रेस पर तुष्टिकरण की राजनीति करने का आरोप भी लगाया है। वहीं कांग्रेस ने सरकार के फैसले पर सवाल उठाते हुए इसे राजनीतिक एजेंडे से जोड़ दिया है। पूर्व मंत्री पीसी शर्मा ने सरकार पर निशाना साधते हुए तीखी टिप्पणी की है। कांग्रेस का सवाल है कि सरकारी स्कूलों में किसी एक धार्मिक पर्व को लेकर इस तरह के निर्देश जारी करना क्या उचित है। विवाद केवल भाजपा और कांग्रेस तक सीमित नहीं है। मुस्लिम समाज से जुड़े कुछ लोगों ने भी आपत्ति जताई है। मुस्लिम स्कॉलर तौकीर निजामी ने कहा कि स्कूलों को किसी धर्म विशेष का आयोजन करने के लिए बाध्य नहीं किया जाना चाहिए और यदि धार्मिक पर्वों के आयोजन की बात है तो सभी धर्मों के त्योहारों के प्रति समान दृष्टिकोण होना चाहिए। दूसरी ओर हिंदू धर्मगुरुओं ने सरकार के फैसले का समर्थन किया है। उनका कहना है कि बच्चों को भारतीय संस्कृति और धार्मिक परंपराओं की जानकारी देना गलत नहीं है। सरकार समर्थक पक्ष इसे धार्मिक आयोजन के बजाय सांस्कृतिक और नैतिक शिक्षा से जोड़कर देख रहा है। जन्माष्टमी को लेकर शुरू हुई यह बहस दरअसल इस बड़े सवाल में बदल गई है कि सरकारी स्कूलों में धार्मिक-सांस्कृतिक आयोजनों की सीमा क्या होनी चाहिए? सरकार इसे संस्कृति और मूल्य-शिक्षा का हिस्सा बता रही है, जबकि विरोध करने वाले इसे धर्मनिरपेक्ष शिक्षा व्यवस्था के संदर्भ में देख रहे हैं।

वेब दुनिया 25 Aug 2026 1:24 pm

जवास में ईद मिलादुन्नबी पर धार्मिक शिक्षा कार्यक्रम, प्रतिभावान बच्चों को मिले पुरस्कार

जवास में ईद मिलादुन्नबी के अवसर पर धार्मिक शिक्षा कार्यक्रम और पुरस्कार वितरण समारोह आयोजित हुआ। मदरसा ए गुलशन-ए-रफाकत में बच्चों ने नात, भाषण और धार्मिक प्रस्तुतियां दीं, वहीं उत्कृष्ट विद्यार्थियों को पुरस्कृत किया गया।

प्रातःकाल 25 Aug 2026 1:19 pm

TET : बगैर टीईटी वाले 3.28 लाख शिक्षकों की नौकरी पर तलवार, शिक्षा मंत्री ने पेश किया परमानेंट छूट का प्रस्ताव

तमिलनाडु के मंत्री ए. राजमोहन ने विधानसभा में एक प्रस्ताव पेश किया, जिसमें 23 अगस्त 2010 से पहले नियुक्त सरकारी शिक्षकों को अपनी नौकरी पर बने रहने के लिए अनिवार्य टीईटी पास करने की शर्त से पूरी तरह और स्थायी रूप से छूट देने की मांग की गई है।

लाइव हिन्दुस्तान 25 Aug 2026 12:49 pm

Abhijeet Dipke स्कूलों की बदलहाली पर भड़के, सभी शिक्षा मंत्रियों को लिखी चिट्ठी|CJP School Thik Karo

सरकारी स्कूलों की बदहाल स्थिति को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक और संयोजक अभिजीत दीपके ने देश के सभी राज्यों के शिक्षा मंत्रियों को पत्र लिखकर जवाब मांगा है। दीपके ने स्कूलों में बेंच, साफ पानी, शौचालय, शिक्षक और दूसरी बुनियादी सुविधाओं की स्थिति पर सवाल उठाए हैं।

लाइव हिन्दुस्तान 25 Aug 2026 11:07 am

UPSSSC: यूपीएसएसएससी एएनएम का रिजल्ट घोषित,10272 अभ्यर्थी शॉर्टलिस्ट, श्रेणीवार कैसा रहा कट-ऑफ? जानें यहां

UPSSSC ANM Result: यूपीएसएसएससी ने एएनएम मुख्य परीक्षा का रिजल्ट जारी कर दिया है। परीक्षा में सफल 10,272 अभ्यर्थियों को अगले चरण के लिए शॉर्टलिस्ट किया गया है। अब अभ्यर्थी श्रेणीवार कटऑफ और आगे की प्रक्रिया की जानकारी यहां देख सकते हैं।

अमर उजाला 25 Aug 2026 10:45 am

‘शिक्षा का उद्देश्य विवेक पैदा करना’

पाञ्चजन्य के मंच पर आने को आप किस तरह देखते हैं? आपकी विचारधारा और पाञ्चजन्य की विचारधारा में कितना साम्य है? अटल बिहारी वाजपेयी जी की दो बातें मुझे बहुत महत्वपूर्ण लगती हैं। वे कहते थे कि राजनीति में शब्द हथियार का काम करते हैं और सरकारें आती-जाती रहेंगी, देश रहना चाहिए। हर वह व्यक्ति […]

पांचजन्य 25 Aug 2026 9:59 am

अमेरिका में AI की वजह से नहीं जाएगी शिक्षकों की नौकरी: शिक्षा मंत्री बोलीं- मशीन नहीं ले सकता इंसान की जगह

अमेरिका में AI की वजह से नहीं जाएगी शिक्षकों की नौकरी: शिक्षा मंत्री बोलीं- मशीन नहीं ले सकता इंसान की जगह- Teachers will not lost job due to AI Linda McMahon US Secretary Education says machines cannot replace humans

अमर उजाला 25 Aug 2026 9:21 am

Uttarakhand: प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक आज, स्वास्थ्य, शिक्षा, आवास सहित कई अहम प्रस्तावों पर होगी चर्चा

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में मंगलवार को कैबिनेट बैठक होगी।

अमर उजाला 25 Aug 2026 8:09 am

Baran News: स्कूल परिसर में अशोभनीय हरकत भारी पड़ी, शिक्षा विभाग ने लिया एक्शन, दो कार्मिकों पर गिरी गाज

सरकारी स्कूल में आपत्तिजनक आचरण से जुड़ा वीडियो वायरल होने के बाद शिक्षा विभाग ने तुरंत कार्रवाई की है। विभाग ने किशनगंज क्षेत्र में स्थित स्कूल के दो कार्मिकों को हटाकर डीईओ कार्यालय में अटैच किया है। मामले की प्रारंभिक जांच शुरू कर दी गई है।

अमर उजाला 25 Aug 2026 7:45 am

स्कूल में अमर्यादित आचरण का वीडियो वायरल, शिक्षा विभाग ने की कार्रवाई

भास्कर न्यूज| बारां किशनगंज क्षेत्र के एक राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में स्कूल समय के दौरान परिसर में अमर्यादित आचरण का वीडियो वायरल होने के बाद शिक्षा विभाग ने कार्रवाई की है। विद्यालय की व्याख्याता और प्रयोगशाला सहायक को विद्यालय से हटाकर मुख्यालय जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय, बारां कर दिया गया है। वीडियो सामने आने के बाद जिला शिक्षा अधिकारी सीताराम गोयल ने दोनों कार्मिकों को विद्यालय से हटाने के आदेश जारी किए। विभाग की ओर से मामले की तथ्यात्मक रिपोर्ट भी मांगी गई है। डीईओ ने बताया कि मामले की प्रारंभिक जांच सीबीईओ अंता द्वारा की जा रही है। जांच के बाद अग्रिम कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल एक कार्मिक का मुख्यालय डीईओ माध्यमिक कार्यालय बारां एवं दूसरे का डीईओ प्रारंभिक कार्यालय बारां में किया गया है।

दैनिक भास्कर 25 Aug 2026 5:30 am

शिक्षा का महत्व समझे बिना समाज का विकास संभव नहीं होता : काला

भास्कर न्यूज| बारां मेहर समाज व विकास समिति की वार्षिक बैठक और सम्मान समारोह शहर के राजपुरा वार्ड स्थित चतुर्भुजनाथ महाराज मंदिर परिसर में आयोजित किया गया। समिति सचिव सत्यनारायण सिंधिया ने बताया कि समारोह के मुख्य अतिथि धर्मराज भरकुंडिया ​थे। अध्यक्षता रविकांत भरकुंडिया ने की। विशिष्ट अतिथि लटूरलाल जारोला, हेमराज नाग्या, त्रिलोकचंद मिणिया, सीताराम नगरिया थे। महासचिव ओम जलवाणिया ने बताया कि समारोह के दौरान समाज की करीब 42 प्रतिभाओं को प्रतीक चिन्ह और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। इनमें नवनियुक्त कर्मचारी, पदोन्नति पाने वाले कर्मचारी, सेवानिवृत्त कर्मचारी, 75 प्रतिशत से अधिक अंक लाने वाले विद्यार्थी शामिल थे। कोषाध्यक्ष बाबूलाल टांकला ने बताया कि गिरिराज प्रसाद को सरकारी सेवा में पदोन्नति मिलने पर सम्मानित किया गया। शारीरिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष सत्यनारायण मेहरा को संभागीय सचिव नियुक्त किए जाने पर समाज बंधुओं ने माला पहनाकर सम्मानित किया। धर्मराज भरकुंडिया ने कहा कि समाज को संगठित रहकर अपनी ताकत दिखाने का समय आ गया है। उन्होंने कहा कि संख्या कम नहीं है। संगठन की कमी है। सामाजिक कार्यक्रमों के साथ राजनीतिक कामों में भी हिस्सेदारी जरूरी है। रविकांत भरकुंडिया ने कहा कि समाज को शिक्षा की मुख्य धारा से जुड़ना चाहिए। इससे अच्छे-बुरे की समझ बनेगी। परिवार को सही दिशा मिलेगी। अखिल भारतीय मेहर समाज के जिलाध्यक्ष अशोक कुमार काला ने कहा कि शिक्षा का महत्व समझे बिना समाज विकास नहीं कर सकता। समिति के मुख्य संस्थापक और पूर्व अध्यक्ष सत्यनारायण मोगदया ने कहा कि बालक-बालिकाओं में भेद नहीं होना चाहिए। दोनों को समान शिक्षा मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि हर काम ईमानदारी और मेहनत से करें। ईमानदारी कभी नहीं छोड़नी चाहिए। समिति सदस्य ब्रह्मानंद हासड़ा और मुकेश दोराया ने अल्पाहार कराया। समारोह में चंद्रकांता मेहर, संतोष बाई मेहर, सरोज मेहर, प्रियांशी, गरिमा, चंचल, शीतल, धनराज चौहान, संजय, हेमंत, अक्षय, महेंद्र कुमार, हेमराज मेहर सहित बड़ी संख्या में समाजजन मौजूद थे। संचालन भंवरलाल मेहर ने किया।

दैनिक भास्कर 25 Aug 2026 5:30 am

विक्की पशुपालन बोर्ड और अरविंदर बने पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड के सदस्य

भास्कर न्यूज | अमृतसर आम आदमी पार्टी की ओर से पंजाब में विभिन्न सरकारी बोर्डों, कॉरपोरेशन और संस्थाओं में चेयरमैन, वाइस चेयरमैन, डायरेक्टर और सदस्यों की नियुक्तियां की गई हैं। इसी कड़ी में जिले से एक डायरेक्टर और 7 सदस्यों को अहम जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। इन नियुक्तियों के तहत गौरव अग्रवाल को डायरेक्टर इंफोटेक, हरिंदर सिंह को पुड्डा पंजाब का सदस्य, एडवोकेट रमन कुमार को एडीए का सदस्य, अरविंदर सिंह भट्टी को पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड का सदस्य, विश्व सहजपाल को लेबर बोर्ड का सदस्य, विक्की दत्ता को पशुपालन बोर्ड का सदस्य, सुनील कुमार को पंजाब प्रोहिबिशन एंड एम्प्लॉयमेंट रिहैबिलिटेशन विभाग का सदस्य और गुरप्रीत सिंह चाहत को तीर्थ यात्रा समिति का सदस्य नियुक्त किया गया है। नवनियुक्त पदाधिकारियों ने पार्टी नेतृत्व का आभार जताते हुए कहा कि उन्हें सौंपी गई जिम्मेदारी को पूरी ईमानदारी और मेहनत से निभाएंगे।

दैनिक भास्कर 25 Aug 2026 5:30 am

Una News: शिक्षा उपनिदेशक ने स्कूलों में व्यवस्थाओं का लिया जायजा

टीम ने विद्यालय परिसर में स्वच्छता तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं का भी बारीकी से निरीक्षण किया गया।

अमर उजाला 25 Aug 2026 1:45 am

Kushinagar News: नई शिक्षा नीति के तहत विद्यार्थियों को उपलब्ध कराएं शिक्षा

रामकोला बीआरसी सभागार में सोमवार को आधारभूत साक्षरता एवं संख्यात्मक ज्ञान (एफएलएन) प्रशिक्षण में सोमवार को शिक्षकों को कई जानकारी दी गई।

अमर उजाला 25 Aug 2026 1:44 am

Ambala News: अंबाला से... शौचालय में गंदगी देख शिक्षामंत्री अधिकारियों से बोले- आपको बदबू नहीं आ रही

शिक्षामंत्री अधिकारियों से बोले- आपको बदबू नहीं आ रही

अमर उजाला 25 Aug 2026 1:42 am

Mahendragarh-Narnaul News: अंतर-विषयक शिक्षा से स्वास्थ्य सेवाओं को मिलेगा लाभ

हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय के मनोविज्ञान विभाग ने दिल्ली में 22 अगस्त तक तीन दिवसीय राष्ट्रीय सीआरई कार्यशाला आयोजित की। डब्ल्यूएनएस-2026 के तहत आयोजित कार्यशाला का विषय चिकित्सा देखभाल में मनोवैज्ञानिक दृष्टिकोण रहा।

अमर उजाला 25 Aug 2026 1:20 am

सूडान: 2 लाख बच्चों की शिक्षा के लिए 2.2 करोड़ डॉलर की पहल

संयुक्त राष्ट्र के वैश्विक शिक्षा कोषने सोमवार को सूडान में युद्ध से प्रभावित2लाख बच्चों की पढ़ाई में मदद के लिए2.2 करोड़ डॉलर की नई पहलकी घोषणा की. देश में जारी गृहयुद्ध के कारण लाखों बच्चों की शिक्षा बाधित है और बड़ी संख्या में बच्चे अब भी स्कूल नहीं जा पा रहे हैं.

खास खबर 25 Aug 2026 12:00 am

पैसे नहीं हैं तो प्लास्टिक लाओ और पढ़ाई करो: असम के 'अक्षर स्कूल' ने फीस के अनोखे मॉडल से शिक्षा और पर्यावरण में रचा इतिहास

भारत के पूर्वोत्तर राज्य असम के गुवाहाटी स्थित पमोही गांव में एक ऐसा अनोखा स्कूल चल रहा है, जिसने देश भर में शिक्षा और पर्यावरण संरक्षण की परिभाषा ही बदल कर रख दी है। जहां प्राइवेट स्कूलों में महंगी फीस, डोनेशन और किताबों का भारी खर्च गरीब परिवारों के बच्चों को पढ़ाई से दूर कर देता है, वहीं 'अक्षर स्कूल' (Akshar School) ने एक क्रांतिकारी नियम बनाया है—यदि आपके पास फीस देने के लिए पैसे नहीं हैं, तो कोई बात नहीं; बस घर और आस-पास से प्लास्टिक का सूखा कचरा लेकर आएं और मुफ्त में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पाएं। इस अनूठी पहल ने न केवल सैकड़ों गरीब बच्चों को बाल मजदूरी के दलदल से निकालकर स्कूल की चौखट तक पहुंचाया है, बल्कि इलाके को जहरीले प्लास्टिक कचरे और प्रदूषण से भी मुक्ति दिलाई है।माजिन मुख्तार और परमिता शर्मा की दूरदर्शी सोच से हुई शुरुआतइस प्रेरणादायक स्कूल की नींव साल 2016 में माजिन मुख्तार (Mazin Mukhtar) और उनकी पत्नी परमिता शर्मा (Parmita Sarma) ने 'अक्षर फाउंडेशन' के तहत रखी थी। जब वे दोनों पमोही गांव पहुंचे, तो उन्होंने देखा कि वहां के ज्यादातर बच्चे पास की पत्थर खदानों (Stone Quarries) में दिन भर मजदूरी करते थे ताकि परिवार के लिए ₹150-₹200 कमा सकें।इसके साथ ही गांव में प्लास्टिक कचरा जलाने की बेहद खतरनाक प्रथा थी। लोग सर्दियों में ठंड से बचने या कचरा ठिकाने लगाने के लिए प्लास्टिक की थैलियों और बोतलों को जलाते थे, जिससे उठने वाले जहरीले धुएं से बच्चे और बुजुर्ग फेफड़ों की गंभीर बीमारियों से जूझ रहे थे। इस दोहरी समस्या—बाल मजदूरी और प्लास्टिक प्रदूषण—को एक साथ खत्म करने के लिए उन्होंने 'प्लास्टिक फीस' का विचार विकसित किया।हर हफ्ते 20 से 25 पीस प्लास्टिक कचरा है स्कूल की 'ट्यूशन फीस'अक्षर स्कूल में दाखिला लेने वाले हर छात्र के लिए एक ही अनिवार्य नियम है कि उसे हर सप्ताह अपने घर, पड़ोस या रास्तों से कम से कम 20 से 25 सूखे प्लास्टिक के रैपर, पैकेट या बोतलें जमा करके स्कूल लानी होती हैं।माता-पिता का संकल्प: दाखिले के समय माता-पिता से यह लिखित वादा लिया जाता है कि वे घर का प्लास्टिक कचरा कभी नहीं जलाएंगे और उसे अपने बच्चों के जरिए स्कूल भेजेंगे।प्रदूषण पर रोक: इस नियम के चलते गांव के सैकड़ों परिवारों ने प्लास्टिक कचरा जलाना पूरी तरह बंद कर दिया और पूरा इलाका साफ-सुथरा व हरा-भरा नजर आने लगा।प्लास्टिक कचरे से बनती हैं 'इको-ब्रिक्स' और निर्माण सामग्रीस्कूल में इकट्ठा होने वाले प्लास्टिक के कचरे को यूं ही फेंका नहीं जाता, बल्कि बच्चे और शिक्षक मिलकर इसका वैज्ञानिक रीसाइक्लिंग करते हैं:इको-ब्रिक्स (Eco-Bricks): छात्र खाली प्लास्टिक की बोतलों में पॉलीथिन और सिंगल-यूज प्लास्टिक रैपर्स को कसकर ठूंसते हैं, जिससे मजबूत और ठोस 'इको-ब्रिक' तैयार होती है।स्कूल में निर्माण कार्य: इन इको-ब्रिक्स और सीमेंट के मिश्रण से स्कूल परिसर में बैठने के चबूतरे, बाउंड्री वॉल, पौधों के गमले और पक्के रास्ते बनाए गए हैं।रीसाइक्लिंग यूनिट: बचे हुए प्लास्टिक को आगे रीसाइक्लिंग प्लांट में भेजा जाता है, जिससे खिलौने और उपयोगी वस्तुएं बनती हैं।'पीयर-टू-पीयर' लर्निंग और वोकेशनल कमाई का मॉडलअक्षर स्कूल का पाठ्यक्रम केवल पारंपरिक किताबों (गणित, विज्ञान, अंग्रेजी) तक सीमित नहीं है, बल्कि यह बच्चों को आत्मनिर्भर बनाने पर केंद्रित है:सीखो और कमाओ (Learn and Earn): स्कूल में बड़े और वरिष्ठ छात्र छोटे बच्चों को पढ़ाते हैं। इसके बदले में बड़े छात्रों को टॉय-करेंसी (Toy Currency) या मानदेय मिलता है, जिसे वे स्टेशनरी, कपड़े, जूते या खाने के सामान में बदल सकते हैं। इससे उन्हें पत्थर खदानों में मजदूरी करने की जरूरत नहीं पड़ती।व्यावहारिक कौशल (Skill Training): स्कूल में छात्रों को सोलर पैनल इंस्टॉलेशन, कारपेंट्री, ऑर्गेनिक फार्मिंग, पशु देखभाल, कोडिंग और सिलाई-कढ़ाई का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाता है, ताकि 16-17 साल की उम्र तक पहुंचते ही वे एक आत्मनिर्भर करियर चुन सकें।असम के पमोही गांव से शुरू हुआ यह मॉडल आज संयुक्त राष्ट्र (UN) और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर सराहा जा रहा है। अक्षर स्कूल ने साबित कर दिखाया है कि अगर सोच में नवाचार और समाज के प्रति सच्ची निष्ठा हो, तो कचरे को भी शिक्षा की ताकत में बदलकर एक नई पीढ़ी का भविष्य संवारा जा सकता है।

न्यूज़ इंडिया लाइव 24 Aug 2026 11:09 pm

मदरसा गरीबों का शेल्टर होम नहीं, शिक्षा की पवित्र जगह है : आलोक कुमार

New Delhi, 24 अगस्त . यूपी के 558 अनुदानित मदरसों में गड़बड़ियों की जांच के आदेश पर विश्व हिंदू परिषद के अध्यक्ष आलोक कुमार ने योगी Government का समर्थन किया. उन्होंने कहा कि मदरसा गरीब बच्चों का शेल्टर होम नहीं, बल्कि पढ़ाई की पवित्र जगह है, इसलिए वहां सुविधाएं और साफ-सफाई होनी चाहिए और जो ... Read more

डेली किरण 24 Aug 2026 11:03 pm

TRE-4 पर शिक्षा विभाग ने BPSC को भेजा पत्र, अभ्यर्थियों की मांगों पर विचार का अनुरोध; न्याय सत्याग्रह जारी

शिक्षा विभाग ने TRE-4 अभ्यर्थियों की मांगों पर विचार करने के लिए BPSC को पत्र भेजा है, जिसमें बाल मनोविज्ञान और बिहार से संबंधित प्रश्नों को पाठ्यक्रम में शामिल करने की मांग है।

जागरण 24 Aug 2026 10:36 pm

देश में 10 लाख टीचर्स के पद खाली, शिक्षा मंत्रियों को जवाब देना होगा; क्या बोले आशुतोष रांका

आशुतोष रांका ने कहा कि 25 जुलाई को जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह के साथ हुई बैठक में एक समझौते पर सहमति बनी थी, लेकिन बाद में उसको लागू नहीं किया गया। इससे सरकार की विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं।

लाइव हिन्दुस्तान 24 Aug 2026 8:36 pm

रक्षा बंधन पर झारखंड के स्कूलों में रहेगा अवकाश, शिक्षा विभाग ने बदला पहले का फैसला

Raksha Bandhan School Holiday:झारखंड में रक्षा बंधन के दिन अब स्कूलों में अवकाश रहेगा। शिक्षा विभाग ने शिक्षकों की नाराजगी के बाद पूर्व में रद की गई छुट्टी को बहाल कर दिया है।

जागरण 24 Aug 2026 8:20 pm

स्कूल परिसर में अशोभनीय हरकतें, व्याख्याता-सहायक हटाए:शिक्षा विभाग के अधिकारियों तक पहुंचा मामला, डीईओ ने मांगी रिपोर्ट

बारां के किशनगंज स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक स्कूल में अशोभनीय हरकतों का वीडियो वायरल होने के बाद शिक्षा विभाग ने कार्रवाई की है। स्कूल की व्याख्याता सिमरन कालरा और प्रयोगशाला सहायक अक्षत वैष्णव को तत्काल प्रभाव से हटाकर जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय बारां में मुख्यालय किया गया है। यह कार्रवाई स्कूल समय के दौरान परिसर में अशोभनीय हरकतों से जुड़े एक वीडियो के सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद की गई। वीडियो सामने आने पर मामला शिक्षा विभाग के अधिकारियों तक पहुंचा। विभाग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए दोनों कार्मिकों को स्कूल से हटाने के साथ ही जांच प्रक्रिया शुरू कर दी। जिला शिक्षा अधिकारी सीताराम गोयल ने इस प्रकरण में तथ्यात्मक रिपोर्ट मांगी है। उन्होंने बताया कि मामले की प्रारंभिक जांच सीबीईओ अंता के स्तर से कराई जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे विभागीय जांच की जाएगी और नियमानुसार कार्रवाई तय होगी। विभागीय अधिकारियों के अनुसार, फिलहाल दोनों कार्मिकों को डीईओ कार्यालय में मुख्यालय किया गया है। प्रारंभिक जांच पूरी होने और रिपोर्ट मिलने के बाद ही मामले में अगली कार्रवाई की जाएगी। विभाग का मुख्य ध्यान वायरल वीडियो से जुड़े तथ्यों और घटनाक्रम की वास्तविकता सामने लाने पर है।

दैनिक भास्कर 24 Aug 2026 7:12 pm

सभी राज्यों के शिक्षा मंत्रियों को सीजेपी का खुला पत्र, सरकारी स्कूलों की बदहाली पर पूछे छह सवाल

New Delhi, 24 अगस्त . Governmentी स्कूलों की बदहाल स्थिति को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के संयोजक अभिजीत दिपके ने देश के सभी राज्यों के शिक्षा मंत्रियों को खुला पत्र लिखा. उन्होंने सभी राज्यों के शिक्षा मंत्रियों को पत्र भेजा है. उन्होंने कहा कि देश को यह जानने की जरूरत है कि Governmentी स्कूलों ... Read more

डेली किरण 24 Aug 2026 6:28 pm

नेक्स्ट जेन भारत 2026: स्वच्छ वायु के लिए उद्योग, शिक्षा और युवा एक मंच पर, सामूहिक प्रयास पर जोर

नेक्स्ट जेन भारत 2026 सम्मेलन में ऊर्जा, फार्मा सहित विभिन्न क्षेत्रों के नेताओं और युवाओं ने स्वच्छ वायु के लिए सामूहिक जिम्मेदारी पर जोर दिया। यह सम्मेलन विकसित भारत के लिए सामूहिक कार्रवाई और वायु गुणवत्ता के महत्व को रेखांकित करता है, जो स्वास्थ्य और अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण है।

जागरण 24 Aug 2026 6:10 pm

CBSE से जुड़े मुद्दों पर शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने अधिकारियों के साथ की बैठक

केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने सोमवार को शिक्षा मंत्रालय के स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक उच्चस्तरीय बैठक की। बैठक में केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड यानी सीबीएसई से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। शिक्षा मंत्रालय के तहत स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग सीबीएसई समेत स्कूल शिक्षा से जुड़े प्रमुख संस्थानों और कार्यक्रमों की देखरेख करता है।

खास खबर 24 Aug 2026 5:43 pm

सीबीएसई से जुड़े मुद्दों पर शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने अधिकारियों के साथ की बैठक

सीबीएसई से जुड़े मुद्दों पर शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने अधिकारियों के साथ की बैठक

समाचार नामा 24 Aug 2026 5:40 pm

CJP के दीपके ने लिखा शिक्षा मंत्रियों को पत्र, सरकारी स्कूलों की बदहाली पर उठाए 6 तीखे सवाल

Deepak letter to the Education Ministers: कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक और संयोजक अभिजीत दीपके ने देश और राज्यों में सरकारी स्कूलों की बदहाल स्थिति पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए संबंधित शिक्षा मंत्री को एक पत्र लिखा है।

वेब दुनिया 24 Aug 2026 5:31 pm

शिक्षिका ने प्रिंसिपल को शिक्षा विभाग का फर्जी आदेश दिखा कराया ट्रांसफर, पोल खुली तो हुआ एक्शन

एक महिला टीचर ने प्रिंसिपल को पेपर दिखाकर ट्रांसफर ले लिया लेकिन जब जांच हुई तो वह आदेश फर्जी पाया गया.

NDTV इंडिया 24 Aug 2026 5:27 pm

शिक्षा-संस्कारों से युवा पीढ़ी को मजबूत करने पर जोर:धाकड़ युवा संघ सुनेल का शपथ ग्रहण समारोह, सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ चलेगा अभियान

झालावाड़ जिले के सुनेल क्षेत्र स्थित ग्राम सेमला में धाकड़ युवा संघ सुनेल क्षेत्र 80 गांव का शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया गया। यह समारोह युवा संघ अध्यक्ष मनोहरलाल चौधरी की अध्यक्षता में हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ धाकड़ महासभा के पदाधिकारियों ने गणेश वंदना और भगवान धरणीधर की पूजा-अर्चना के साथ किया। समारोह में धाकड़ समाज 80 गांव की महासभा, छात्रावास समिति, श्री धरणीधर मंदिर निर्माण समिति, कर्मचारी संघ और युवा फ्रेंड्स क्लब सहित कई समाजबंधुओं एवं युवाओं ने भाग लिया। इस दौरान समाज के विकास, युवाओं को शिक्षा एवं संस्कारों से जोड़ने और सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक करने पर चर्चा हुई। सामूहिक विवाह सम्मेलन का आय-व्यय पेशसमारोह में 49वें सामूहिक विवाह सम्मेलन के आय-व्यय का विवरण प्रस्तुत किया गया। आयोजक कमेटी को स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। वहीं श्री धरणीधर मंदिर निर्माण की बकाया राशि, छात्रावास निर्माण समिति की सदस्यता शुल्क, भवन निर्माण की गतिविधियों और आगामी खेलकूद प्रतियोगिता को लेकर भी चर्चा हुई। जन्मोत्सव की तैयारियों पर मंथनआगामी 2 सितंबर को भगवान श्री धरणीधर के जन्मोत्सव को लेकर तैयारियों पर विचार-विमर्श किया गया। वक्ताओं ने सामाजिक कुरीतियों को समाप्त करने और शिक्षा-संस्कारों के जरिए युवा पीढ़ी का भविष्य संवारने पर जोर दिया। सामाजिक, धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजनों में नशामुक्ति अभियान को प्रभावी बनाने का आह्वान किया गया। महिला इकाई के गठन की आवश्यकतामहिला शक्ति का प्रतिनिधित्व करते हुए कृष्णा मंडलोई ने समाज में महिला इकाई के गठन की आवश्यकता बताई। वक्ताओं ने कहा कि युवाओं की सक्रिय भागीदारी से सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ जागरूकता बढ़ेगी और समाज को नई दिशा मिलेगी। कार्यक्रम का संचालन प्रहलाद नागर एवं भेरूलाल नागर मिश्रौली ने किया। इस दौरान श्री धाकड़ महासभा अध्यक्ष बिरधीलाल नागर, धरणीधर मंदिर निर्माण समिति अध्यक्ष भूपेंद्रसिंह मंडलोई, कर्मचारी संघ अध्यक्ष रामप्रसाद कम्पाउंडर, युवा संघ अध्यक्ष मनोहरलाल चौधरी, फ्रेंड्स क्लब अध्यक्ष बलवंत धाकड़, छात्रावास निर्माण समिति उपाध्यक्ष संतोष नागर, भगवान जन्मोत्सव अध्यक्ष प्रकाशचंद नागर सहित पूर्व एवं वर्तमान पदाधिकारी, युवा साथी और समाजबंधु मौजूद रहे।

दैनिक भास्कर 24 Aug 2026 5:25 pm