भारत के युवा ग्रैंडमास्टर आर. प्रज्ञानानंदा ने इतिहास रचते हुए नॉर्वे चेस 2026 का खिताब जीत लिया है। 20 साल के प्रज्ञानानंदा इस टूर्नामेंट को जीतने वाले पहले भारतीय खिलाड़ी बन गए हैं। फाइनल राउंड में उन्होंने जर्मनी के विन्सेंट कीमर को हराकर यह उपलब्धि हासिल की। टूर्नामेंट के आखिरी दिन प्रज्ञानानंदा 15 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर थे। उन्होंने क्लासिकल मुकाबला जीतकर 3 अंक हासिल किए और कुल 18 अंकों के साथ खिताब अपने नाम कर लिया। आखिरी राउंड में पलटी बाजी, वेस्ली टाईब्रेकर जीतने के बावजूद हारे टूर्नामेंट के आखिरी राउंड में अमेरिकी ग्रैंडमास्टर वेस्ली सो 15.5 अंकों के साथ टॉप पर थे। लेकिन उनका मुकाबला ड्रॉ रहा और फैसला आर्मागेडन टाईब्रेकर में गया। इससे प्रज्ञानानंदा के लिए खिताब जीतने का रास्ता खुल गया। वेस्ली सो ने टाईब्रेकर तो जीत लिया, लेकिन उन्हें केवल 1.5 अंक मिले। इस तरह उनके कुल 17 अंक हुए, जो प्रज्ञानानंदा से एक कम थे। फ्रांस के अलीरजा फिरोजा 15.5 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर रहे। आखिरी दौर में मैग्नस कार्लसन ने गुकेश को हराया, लेकिन वह भी खिताब नहीं जीत सके। कार्लसन 13 अंकों के साथ 5वें स्थान पर रहे। प्रज्ञानानंदा ने वर्ल्ड नंबर-1 कार्लसन को दो बार हराया इस टूर्नामेंट के शुरुआती दौर में प्रज्ञानानंदा का प्रदर्शन साधारण रहा, लेकिन बाद के मुकाबलों में उन्होंने शानदार वापसी की। उनकी सबसे बड़ी उपलब्धियों में से एक वर्ल्ड नंबर-1 और सात बार के नॉर्वे चेस चैंपियन मैग्नस कार्लसन को दो बार क्लासिकल मुकाबलों में हराना रहा। आनंद और गुकेश भी नहीं जीत सके थे नॉर्वे चेस खिताब प्रज्ञानानंदा ने वह कर दिखाया जो भारतीय शतरंज के दिग्गज विश्वनाथन आनंद भी नहीं कर पाए थे। मौजूदा विश्व चैंपियन डी. गुकेश भी अब तक यह टूर्नामेंट नहीं जीत सके हैं। 2013 में शुरू हुए इस टूर्नामेंट में पहली बार किसी भारतीय ने खिताब जीता है। प्रज्ञानानंदा दूसरी बार नॉर्वे चेस में खेल रहे थे। गुकेश 8 अंकों के साथ छठे (आखरी) स्थान पर रहे। क्या है नॉर्वे चेस का अर्मागेडन फॉर्मेट? नॉर्वे चेस टूर्नामेंट हर साल होने वाले दुनिया के सबसे प्रतिष्ठित और रोमांचक चेस टूर्नामेंट्स में से एक है। इस साल यह टूर्नामेंट 25 मई से 5 जून 2026 तक पहली बार नॉर्वे की राजधानी, ओस्लो में आयोजित किया गया था। इसमें ओपन और महिला कैटेगरी, दोनों में केवल 6-6 खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया था, जो आपस में दो-दो बार भिड़े। अगर दो खिलाड़ियों के बीच क्लासिकल मैच ड्रॉ होता है तो फैसला सडन-डेथ (अर्मागेडन) गेम से किया जाता है। इसमें सफेद मोहरों वाले खिलाड़ी को ज्यादा समय मिलता है, लेकिन उसे हर हाल में जीतना होता है। मुकाबला ड्रॉ होने पर काले मोहरों वाले खिलाड़ी को विजेता मानकर एक्स्ट्रा पॉइंट दिया जाता है। इससे हर दौर में नतीजा निकलना तय होता है। --------------------------- ये खबर भी पढ़ें… भारत ने पाकिस्तान को अंडर-18 हॉकी एशिया कप में हराया: आखिरी 15 मिनट में 3 गोल कर सेमीफाइनल जीता भारतीय अंडर-18 मेंस हॉकी टीम ने शुक्रवार को सेमीफाइनल में पाकिस्तान को 5-3 से हरा दिया। इस जीत के साथ ही भारत ने एशिया कप के फाइनल में जगह बना ली है। फाइनल में भारत का सामना शनिवार को जापान से होगा। पूरी खबर पढ़ें…
पाली की टीम 2 मैच जीतकर क्वार्टर फाइनल में पहुंची:16वीं राज्य स्तरीय जूनियर पुरुष हॉकी प्रतियोगिता
पाली शहर के पुलिस लाइन मैदान में आयोजित 16वीं राज्य स्तरीय जूनियर पुरुष हॉकी प्रतियोगिता के दूसरे दिन शुक्रवार को भी कई रोचक मुकाबले खेले गए। पाली की टीम अपने दो मैच जीतकर क्वार्टर फाइनल में पहुंच गई। अध्यक्ष महिपाल सिंह निम्बाडा और सचिव सत्यनारायण सिंह पुनाडिया ने बताया कि अतिथि के रूप में महावीर सिंह सुकरलाई, जोगाराम सोलंकी, जीवराज बोराणा, मदन सिंह जागरवाल, भंवर राव, ताराचन्द चन्दनानी रहे। दिनभर चले मुकाबलों में पाली, हनुमानगढ़, अलवर, जयपुर, भीलवाड़ा, धौलपुर और टोंक की टीमों ने जीत दर्ज कर अगले दौरे में प्रवेश किया। पाली ने बारां की टीम को 2-0 से हराया। मैच के दौरान पाली के खिलाड़ियों ने आक्रमण और रक्षा दोनों विभागों में संतुलित खेल दिखाया। टीम ने पहले हाफ में बढ़त बनाकर दबाव कायम रखा और दूसरे हाफ में एक और गोल दागकर जीत हासिल की। दूसरे मुकाबले में हनुमानगढ़ ने एकतरफा खेल का प्रदर्शन करते हुए राजसमंद को 8-0 के बड़े अंतर से शिकस्त दी। हनुमानगढ़ के खिलाड़ियों ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया और लगातार गोल कर प्रतिद्वंद्वी टीम को कोई मौका नहीं दिया। टीम के फॉरवर्ड खिलाड़ियों ने शानदार संयोजन और तेज गति से खेल खेला। अलवर ने सिरोही को 9-0 से हराकर, पाली ने बाड़मेर को 2-0 से हराया। एक अन्य मुकाबले में जयपुर ने नागौर को 5-2 से पराजित किया। भीलवाड़ा ने चूरू को 4-1 से हराकर अगले दौर में अपनी दावेदारी मजबूत की, जबकि धौलपुर ने अजमेर को 3-1 से पराजित किया। दिन का सबसे रोमांचक मुकाबला टोंक और उदयपुर के बीच खेला गया। दोनों टीमों ने अंतिम मिनटों तक संघर्षपूर्ण खेल का प्रदर्शन किया, लेकिन टोंक ने अपने अवसरों का बेहतर लाभ उठाते हुए 2-1 से जीत दर्ज की। प्रतियोगिता के सफल संचालन पर हॉकी राजस्थान के अध्यक्ष अरुण कुमार सारस्वत तथा हॉकी पाली के अध्यक्ष महिपाल सिंह निम्बाड़ा लगातार नजर बनाए हुए हैं। साथ ही हॉकी पाली के अध्यक्ष की ओर से बेस्ट प्रर्दशन करने वाले खिलाड़ी को एक हजार रुपए का कैश पुरस्कार दिया जा रहा है। प्रतियोगिता के आयोजन एवं संचालन में विजय कच्छावाह, दीपक सोलंकी, गजेंद्र सिंह खींची, सिद्धार्थ गौर, धीरज पंवार, निशांत, सौरभ, लोकेश मीणा, सुमेर सिंह, अनुराग, मोरगेट हिंदुस्तानी, प्रदीप सिंह नरुका, चंद्रेश शर्मा तथा कैलाश लामोरा की महत्वपूर्ण भूमिका रही। वहीं हॉकी पाली के पदाधिकारियों, कोचों एवं स्वयंसेवकों ने भी आयोजन को सफल बनाने में सहयोग किया।
अंडर-18 हॉकी एशिया कप में भारत ने पाकिस्तान को हराया:सेमीफाइनल 5-3 से जीता; आशीष तानी ने 4 गोल किए
भारतीय अंडर-18 मेंस हॉकी टीम ने शुक्रवार को सेमीफाइनल में पाकिस्तान को 5-3 से हरा दिया है। इस जीत के साथ ही भारत ने एशिया कप के फाइनल में जगह बना ली है। फाइनल में भारत का सामना शनिवार को जापान से होगा। मैच के तीसरे क्वार्टर तक 2-3 से पिछड़ रही भारतीय टीम ने आखिरी क्वार्टर में 3 गोल दागे और मैच अपने नाम कर लिया। आखिरी क्वार्टर में भारत की वापसी मैच के तीसरे क्वार्टर के बाद भारतीय टीम 2-3 से पीछे चल रही थी। इसके बाद आखिरी 15 मिनट (चौथे क्वार्टर) में भारत ने अटैकिंग गेम खेला और पाकिस्तान पर लगातार 3 गोल दागकर मैच का रुख बदल दिया। आशीष ने लगाई हैट्रिक, मैच में 4 गोल किए भारत की इस जीत के स्टार खिलाड़ी आशीष तानी पुर्ति रहे। उन्होंने मैच में 4 गोल किए। इसमें से 3 गोल उन्होंने मैच के आखिरी क्वार्टर में दागे। आशीष ने इस दौरान अपनी हैट्रिक भी पूरी की। पहले क्वार्टर में भारत ने बनाई थी 1-0 की बढ़त जापान के काकामिगाहारा में मैच के 12वें मिनट में भारतीय टीम को पेनल्टी स्ट्रोक मिला। आशीष ने इसे गोल में बदलकर भारत को 1-0 की बढ़त दिलाई। दूसरे क्वार्टर में पाकिस्तान ने गोल दागा पाकिस्तान ने दूसरे क्वार्टर में वापसी की और 16वें मिनट में अपना पहला पेनल्टी कॉर्नर हासिल किया। हालांकि, भारतीय गोलकीपर आयुष रजक और डिफेंडर अंश बहुत्रा ने मिलकर अहमद उजैर के ड्रैग-फ्लिक को रोक दिया। पाकिस्तान ने दबाव जारी रखा और 27वें मिनट में अदील ने एक पास को इंटरसेप्ट किया, डिफेंस को छकाया और गोल दागकर हाफ-टाइम तक स्कोर 1-1 से बराबर कर दिया। तीसरे क्वार्टर में पाकिस्तान ने 3-2 की बढ़त बनाई मैच के 35वें मिनट में शाहरुख अली ने एक क्विक पासिंग मूव को गोल में बदलकर भारत को फिर से 2-1 से आगे कर दिया। इसके ठीक दो मिनट बाद (37वें मिनट में) पाकिस्तान के मुहम्मद फरहान असलम ने गोल कर स्कोर 2-2 कर दिया। इसके बाद 42वें मिनट में उजैर अहमद कुरैशी ने पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर पाकिस्तान को मैच में पहली बार 3-2 से आगे कर दिया। ग्रीन कार्ड और पेनल्टी कॉर्नर्स ने बदला मैच का रुख चौथे क्वार्टर में भारत ने बराबरी के लिए हमले तेज किए। मैच के 46वें मिनट में पाकिस्तान के मुजम्मिल सईद को ग्रीन कार्ड मिला, जिससे पाकिस्तान की टीम को नुकसान हुआ। भारत ने तुरंत इसका फायदा उठाया और लगातार पेनल्टी कॉर्नर्स हासिल किए। 49वें मिनट में मिले दूसरे पेनल्टी कॉर्नर पर आशीष ने गोल कर स्कोर 3-3 से बराबर कर दिया। आशीष ने आखिरी मिनटों में पक्की की भारत की जीत बराबरी के बाद भारत ने दबदबा बनाए रखा और पेनल्टी कॉर्नर्स की झड़ी लगा दी। पाकिस्तान ने कुछ प्रयासों को रोका, लेकिन 53वें मिनट में आशीष ने एक और गोल दागकर अपनी हैट्रिक पूरी की और भारत को 4-3 की बढ़त दिला दी। मैच खत्म होने से 4 मिनट पहले भारत को एक और पेनल्टी कॉर्नर मिला, जिस पर आशीष ने मैच का अपना चौथा गोल करते हुए लीड को 5-3 कर दिया। अंतिम मिनटों में भारत ने अपना संयम बनाए रखा और जीत पक्की की।
हरियाणा के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री कृष्ण कुमार बेदी ने घोषणा की है कि नरवाना अब विकास के नए दौर में प्रवेश कर रहा है। उन्होंने बताया कि क्षेत्र के लिए करोड़ों रुपए की विभिन्न विकास परियोजनाओं की योजना तैयार की गई है, जिनका सीधा लाभ स्थानीय निवासियों को मिलेगा। मंत्री बेदी शुक्रवार को एसडी महिला कॉलेज के सभागार में आयोजित एक कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे थे। मंत्री कृष्ण कुमार ने बताया कि शहर में जलभराव की वर्षों पुरानी समस्या का लगभग 80 प्रतिशत स्थायी समाधान कर दिया गया है। इसके लिए पटियाला रोड स्थित एसटीपी से धनौरी ड्रेन तक 70 करोड़ रुपए की लागत से 27 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन बिछाई गई है। शिक्षा और खेल क्षेत्र में नई परियोजनाएं शुरू की : बेदी शिक्षा और खेल के क्षेत्र में भी कई परियोजनाएं शुरू की गई हैं। केएम राजकीय कॉलेज में 5 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक ई-लाइब्रेरी बनाई जाएगी, जबकि 8 करोड़ रुपए से ऑडिटोरियम निर्माण का प्रावधान भी किया गया है। वहीं, नवदीप स्टेडियम में 3.50 करोड़ रुपए से हॉकी ग्राउंड पैवेलियन और 2.82 करोड़ रुपए से स्टेडियम नवीनीकरण का कार्य शुरू हो चुका है। मंत्री बेदी ने यह भी घोषणा की कि नरवाना में नई फल एवं सब्जी मंडी की लंबे समय से चली आ रही मांग जल्द पूरी होगी। इसके लिए भूमि चिन्हित कर ली गई है। विश्व पर्यावरण दिवस पर मंत्री ने एक पेड़- मां के नाम अभियान का जिक्र करते हुए अधिक से अधिक पौधारोपण का आह्वान किया और कॉलेज परिसर में पौधारोपण भी किया।
पंजाब के खेल इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ने जा रहा है। जालंधर को पहली बार 'एशियन हॉकी चैंपियंस ट्रॉफी' की मेजबानी मिली है, जिसके मुकाबले अक्टूबर महीने में जालंधर के प्रसिद्ध सुरजीत हॉकी स्टेडियम और मोहाली में खेले जाएंगे। इस बड़े अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट को देखते हुए खेल विभाग, हॉकी इंडिया, हॉकी पंजाब और पीडब्ल्यूडी (PWD) के अधिकारियों ने स्टेडियम का दौरा कर बुनियादी ढांचे का बारीकी से निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के पंजाब में अंतरराष्ट्रीय स्तर के टूर्नामेंट कराने के सपने को साकार करने के लिए स्टेडियम को आगामी 3 महीनों के भीतर पूरी तरह आधुनिक और अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाओं से लैस करने का लक्ष्य रखा गया है। अधिकारियों की संयुक्त टीम ने किया स्टेडियम का निरीक्षण आगामी मेगा इवेंट को सफलतापूर्वक आयोजित करने के लिए प्रशासनिक और खेल स्तर पर तैयारियां युद्ध स्तर पर शुरू हो गई हैं। इसी सिलसिले में हॉकी पंजाब, हॉकी इंडिया, खेल विभाग और पीडब्ल्यूडी (PWD) के वरिष्ठ अधिकारियों की एक संयुक्त टीम ने सुरजीत हॉकी स्टेडियम का विस्तृत दौरा किया। इस टीम ने मैदान की मौजूदा स्थिति और वहां उपलब्ध सुविधाओं का जायजा लिया। इन खास सुविधाओं पर रहा अधिकारियों का ध्यान निरीक्षण के दौरान हॉकी पंजाब से नितीन कोहली, खेल विभाग की टीम, हॉकी इंडिया के डायरेक्टर और पीडब्ल्यूडी के अधिकारी मुख्य रूप से मौजूद रहे। अधिकारियों ने केवल खेल मैदान (टर्फ) का ही नहीं, बल्कि खिलाड़ियों के चेंजिंग रूम, दर्शक दीर्घा (स्टैंड्स), फ्लड लाइट्स (लाइटिंग व्यवस्था), ड्रेनेज सिस्टम और अन्य बुनियादी ढांचे का गहराई से निरीक्षण किया। कमियों को दूर कर किया जाएगा आधुनिकरण अधिकारियों ने जानकारी दी कि यह उनकी दूसरी निरीक्षण बैठक थी। इस बैठक में विभिन्न सरकारी विभागों के साथ तालमेल बिठाकर उन सभी कार्यों की सूची को अंतिम रूप दिया गया, जिन्हें जल्द से जल्द पूरा किया जाना है। टीम ने तय किया कि स्टेडियम में कौन-कौन से बदलाव किए जाने जरूरी हैं, ताकि यहां आने वाले खिलाड़ियों और दर्शकों को वर्ल्ड-क्लास (विश्व स्तरीय) अनुभव मिल सके। तीन महीने में बनकर तैयार होगा अंतरराष्ट्रीय स्तर का स्टेडियम निरीक्षण के बाद मीडिया से बात करते हुए अधिकारियों ने बताया कि सुरजीत हॉकी स्टेडियम को आगामी तीन महीनों के भीतर पूरी तरह से चमका दिया जाएगा। इसके इंफ्रास्ट्रक्चर में सुधार, आधुनिक सुविधाओं के विकास और जरूरी मरम्मत कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाएगा। अधिकारियों ने पूरा भरोसा जताया कि तय समय सीमा के भीतर काम पूरा होने के बाद यह स्टेडियम बड़े राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मैचों के लिए पूरी तरह तैयार होगा। भगवंत मान का सपना हो रहा साकार अधिकारियों ने इस दौरान पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के विजन का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री का यह पुराना सपना था कि पंजाब की धरती पर कोई बड़ा अंतरराष्ट्रीय खेल टूर्नामेंट आयोजित करवाया जाए, जो अब सच होने जा रहा है। इस ऐतिहासिक आयोजन को भव्य और सफल बनाने के लिए सरकार और सभी संबंधित विभाग पूरी शिद्दत से तैयारियों में जुटे हुए हैं।
हॉकी प्रतिभाओं को निखारने के लिए स्कूल प्रबंधन ने बनाई नई रणनीति
लुधियाना| खेल प्रमोटर सुरिंदर सिंह भापा ने गुरु अमरदास पब्लिक स्कूल और गुरुद्वारा सिंह सभा, मॉडल टाउन की प्रबंधक समिति के सदस्यों से मुलाकात की। बैठक में स्कूल के भीतर खेल गतिविधियों को बेहतर ढंग से संचालित करने और छात्रों के लिए प्रशिक्षण व्यवस्था मजबूत करने पर चर्चा हुई। प्रबंधक समिति ने बताया कि आने वाले समय में स्कूल की अपनी हॉकी टीम का गठन किया जाएगा। टीम को नियमित अभ्यास कराने के लिए अनुभवी और अच्छे कोच नियुक्त करने की योजना पर भी विचार किया गया। कार्यक्रम के समापन पर सुरिंदर सिंह भापा ने प्रबंधक समिति को विशेष हॉकी स्टिक भेंट कर सम्मानित किया। मौके पर जसप्रीत सिंह सेठी, मनिंदरजीत सिंह और संवम टक्कर उपस्थित रहे।
स्पोर्ट्स काउंसिल का जयपुर समर कैंप 10 जून से, 14 खेलों में 295 खिलाड़ी हिस्सा लेंगे
जयपुर | राजस्थान राज्य स्पोर्ट्स काउंसिल का जयपुर समर कैंप 10 जून से सवाई मानसिंह स्टेडियम में लगेगा। इसमें 14 खेलों में 295 खिलाड़ी हिस्सा लेंगे। बांसवाड़ा और माउंट आबू की तरह ही इस समर कैंप की जिम्मेदारी भी स्पोर्ट्स काउंसिल ने जयपुर कलेक्टर को दे दी है। स्पोर्ट्स काउंसिल अपनी तरह से कैंप के लिए कोच उपलब्ध कराएगा। तीनों कैम्प के लिए कोअॉर्डिनेशनल कमेटी बनाई है। {किसमें कितने खिलाड़ी : फुटबॉल (30), क्रिकेट (30), जिमनास्टिक (20), जूडो (20), हॉकी (30), कुश्ती (15), खो-खो (30), साइक्लिंग (15), बैडमिंटन (10), टेबल टेनिस (10), वुशू (20), तैराकी (20), कबड्डी (30), भारोत्तोलन (15)।
गोरखपुर और बस्ती मंडल के क्षेत्रीय क्रीड़ाधिकारी (आरएसओ) और वीर बहादुर सिंह स्पोर्ट्स कॉलेज के प्रिंसिपल आले हैदर रविवार, 31 मई 2026 को अपनी नौकरी पूरी कर रिटायर हो गए। उनके सम्मान में रीजनल स्पोर्ट्स स्टेडियम गोरखपुर में एक भव्य विदाई समारोह का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम स्पोर्ट्स कॉलेज, क्षेत्रीय खेल कार्यालय गोरखपुर और बस्ती मंडल के अधिकारियों, कर्मचारियों और कोच ने मिलकर आयोजित किया। इस आयोजन में उपक्रीड़ा अधिकारी आजाद सिंह और ऑफिस एकाउंटेंट मोहम्मद आसिफ के ट्रांसफर होने पर उन्हें भी सम्मानित किया गया। विदाई समारोह में खेल जगत की कई बड़ी हस्तियों और अधिकारियों ने शिरकत की। अंतरराष्ट्रीय पहलवान और जिला कुश्ती संघ के अध्यक्ष दिनेश सिंह, अंतरराष्ट्रीय पहलवान चंद्र विजय सिंह, जनार्दन यादव, अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी रविंद्र सिंह और अंतरराष्ट्रीय हॉकी खिलाड़ी प्रभाकर ने आले हैदर को स्मृति चिन्ह, अंगवस्त्र और बुके देकर सम्मानित किया। इसके साथ ही देवरिया के क्रीड़ाधिकारी अनुराग श्रीवास्तव, महराजगंज की क्रीड़ाधिकारी सरिता रानी, बस्ती के क्रीड़ाधिकारी दिलीप कुमार, संतकबीर नगर के उप क्रीड़ाधिकारी अभिज्ञान मालवीय, जिला वॉलीबॉल संघ के सचिव बी.एन. मिश्रा, रिटायर्ड प्रधान सहायक राम केशर यादव और रिटायर्ड लेखाकार कैलाश राय ने भी माल्यार्पण कर उनका स्वागत किया। दो अन्य अधिकारियों का भी हुआ ट्रांसफर इस मौके पर उप क्रीड़ाधिकारी आजाद सिंह का ट्रांसफर मथुरा और क्षेत्रीय खेल कार्यालय के लेखाकार मो. आसिफ का ट्रांसफर संतकबीर नगर हुआ है। उन दोनों लोगों को भी विदाई दी गई। खेल विभाग के अधिकारियों ने इन दोनों को भी स्मृति चिन्ह, अंगवस्त्र और बुके देकर सम्मानित किया। आले हैदर ने जताया आभाररिटायर हुए क्षेत्रीय क्रीड़ाधिकारी आले हैदर ने इस मौके पर भावुक होते हुए कहा कि उनके कार्यकाल की सफलता के पीछे पूरी टीम की मेहनत है। उन्होंने सहयोग के लिए सभी अधिकारियों, कर्मचारियों और कोच के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में उप क्रीड़ाधिकारी आजाद सिंह, लेखाकार मो. आसिफ अंसारी, नफीस अहमद, अशोक शाही, सीमा विश्वकर्मा, स्पोर्ट्स कॉलेज के लेखाकार शम्भू दयाल, नेहा सिंह, संध्या यादव, संतोष कुमार, विनोद सिंह, ओसामा जौहर, अभिषेक कुमार, अजय सिंह, अमन सिंह, संदीप यादव, मोहित कुमार, सुजीत गौतम, संजीव कुमार मल्ल, बृजेश यादव, प्रवीन कुमार, प्रभात सिंह, कमलेन्द्र चौधरी, अनिल कुमार तिवारी, रामाकांत, गौतम विश्वकर्मा, बहादुर यादव, रतन यादव, रामनयन, जगदीश, रामबेलास और विजय समेत कई अन्य लोग मौजूद रहे।
संत अवतार सिंह जी की सालाना बरसी के अवसर पर कपूरथला के गाँव सीचेवाल में पांच दिवसीय खेल मेले का शुभारंभ हुआ। राज्यसभा सदस्य संत बलबीर सिंह सीचेवाल ने इसका उद्घाटन करते हुए युवाओं को खेलों से जुड़ने और नशे से दूर रहने का संदेश दिया। मेले के पहले दिन हुए हॉकी मुकाबलों में तीन अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों ने भी अपनी-अपनी टीम की ओर से हिस्सा लिया। टोक्यो ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने वाली टीम के सदस्य वरुण कुमार ने मिठापुर की टीम से खेला, जबकि तलबिंदर सिंह और गुरजोत सिंह ने भी सीचेवाल के एस्ट्रोटर्फ पर अपने हुनर का प्रदर्शन किया। जूनियर सीनियर की 16-16 टीमें भाग ले रहीं इस खेल मेले में पंजाब और हरियाणा के विभिन्न क्षेत्रों से कुल 16 जूनियर और 16 सीनियर हॉकी टीमें भाग ले रही हैं। इनमें नवांशहर, गुरदासपुर, कुरुक्षेत्र (हरियाणा), जालंधर, मोगा, सारिन्ह, कपूरथला, पठानकोट और अमृतसर की टीमें शामिल हैं। हॉकी के फाइनल मुकाबले कल आयोजित किए जाएंगे। हाकी कुश्ती एथलेटिक्स सहित कई मुकाबले पांच दिवसीय इस मेले के दौरान हॉकी, कबड्डी, कुश्ती, वॉलीबॉल और एथलेटिक्स के रोमांचक मुकाबले कराए जाएंगे। कल कुश्ती और रेसलिंग के मुकाबले होंगे, जिन्हें देखने के लिए खेल प्रेमियों में भारी उत्साह देखा जा रहा है। नशे के खिलाफ करेंगे प्रेरित खेल मेले का मुख्य उद्देश्य युवाओं और बच्चों को खेलों की ओर प्रेरित करना, उन्हें स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए उत्साहित करना और नशे जैसी सामाजिक बुराई से दूर रखना है। आयोजकों ने सभी खेल प्रेमियों से इस पहल का हिस्सा बनने और पंजाब की खेल विरासत को मजबूत करने की अपील की। इस अवसर पर संत सुखजीत सिंह, सुरजीत सिंह, योगा बूटा, मनजीत सिंह, मास्टर दिलबाग सिंह, सुलखन सिंह (सदस्य पंचायत), गुरतेज सिंह, बलविंदर सिंह सरोपलवाल, कोच दविंदर सिंह, दविंदर मल्ही, कुलविंदर सिंह, तेजिंदर सिंह, वरिंदर सिंह और धर्मिंदर सिंह सहित कई प्रमुख हस्तियां मौजूद थीं। आयोजन की खास तस्वीरें
जहीर खान और उनकी पत्नी सागरिका घाटगे ने ‘Akutee’ ब्रांड की शुरुआत की
बेंगलुरु। पल्लू, दुपट्टे और जैकेट पर खूबसूरत रंगों में की गई कढ़ाई और पेंटिंग घाटगे शाही परिवार का एक रहस्य रहा होगा, जिसका इस्तेमाल प्रियजनों के कपड़ों को प्यार से सजाने के लिए किया जाता था। हालांकि क्रिकेटर जहीर खान की व्यावसायिक समझ से अब यह एक ब्रांड अकुती में तब्दील हो गया है। अभिनेत्री, मॉडल एवं राष्ट्रीय स्तर की पूर्व हॉकी चैंपियन सागरिका घाटगे अकुती ब्रांड को अपनी मां उर्मिला घाटगे के साथ चलाती हैं। सागरिका घाटगे ने कहा, “हाथ से पेंटिंग मेरे बचपन का हिस्सा रहे हैं। मेरी मां लंबे समय से यह करती रही हैं। हालांकि शुरू में मैं इसे उतनी गंभीरता से नहीं लेती थी, लेकिन मेरे पति (जहीर खान) ने मुझे इसे एक विशेष कलेक्शन बनाने के लिए प्रोत्साहित किया। मां-बेटी की जोड़ी ने बेंगलुरु में ‘फोर सीजन्स’ में अपने कलेक्शन की शुरुआत की। सोलह मई को होटल में एक दिन के लिए साड़ियों, दुपट्टों और ब्लेजर का संग्रह प्रदर्शित किया गया। घाटगे ने कहा कि जब उन्होंने लगभग एक साल पहले इसकी शुरुआत करने का फैसला किया, तो एक ब्रांड नाम के लिए ‘अकुती’ एक स्वाभाविक पसंद बन गई, जिसका मराठी में अर्थ राजकुमारी होता है। इसे भी पढ़ें: Cannes Film Festival में दिखाई गई श्याम बेनेगल की फिल्म मंथन, अभिनेता नसीरुद्दीन शाह मौजूद खान ने कहा, ‘‘हां, वह एक राजकुमारी है। घाटगे ने कहा कि यह नाम सिर्फ उनके खानदान का संकेत नहीं है, बल्कि उनके परिवार की सभी महिलाओं के लिए एक सम्मान भी है। घाटगे ने कहा, अकुती समय में पीछे ले जाता है। उन्होंने कहा कि डिज़ाइन की प्रेरणा सीधे कोल्हापुर के शाही घाटगे परिवार के बगीचों से आती है। घाटगे ने कहा, मेरी मां वास्तव में बागवानी में रुचि रखती हैं और हमारे बगीचे में खिलने वाले फूल हमारे कपड़ों पर हाथ से पेंट की गई डिजाइन में तब्दील हो जाते हैं।

