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यमुनानगर में किसानों ने बैंक पर जड़ा ताला:लोन सेटलमेंट की मांग, दो बेटों की मौत के बाद आर्थिक तंगी से जूझ रहा किसान

यमुनानगर शहर के विश्वकर्मा चौक स्थित पंजाब नेशनल बैंक के बाहर सोमवार को भारतीय किसान यूनियन के बैनर तले किसानों ने जोरदार प्रदर्शन किया। किसानों ने बैंक के मुख्य गेट पर ताला जड़कर धरना शुरू कर दिया। प्रदर्शन कर रहे किसानों का आरोप है कि बैंक 77 वर्षीय किसान मोहन सिंह को होम लोन की रिकवरी के नाम पर लगातार प्रताड़ित कर रहा है, जबकि उनके दोनों बेटों की मौत हो चुकी है और अब उनके पास आय का कोई साधन नहीं बचा है। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस धरने की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और किसानों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन किसान अपनी मांगों पर अड़े रहे। उनका कहना है कि जब तक बैंक प्रबंधन लोन का मानवीय आधार पर सेटलमेंट नहीं करता, तब तक धरना जारी रहेगा। भारतीय किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष सुभाष गुर्जर ने बताया कि किसान मोहन सिंह के बेटे ने पंजाब नेशनल बैंक से होम लोन लिया था। बेटे की मौत के बाद पूरा परिवार आर्थिक संकट में आ गया। इसके बावजूद मोहन सिंह ने धीरे-धीरे करीब साढ़े चार लाख रुपये बैंक में जमा करा दिए, लेकिन अब शेष राशि चुकाने की स्थिति में नहीं हैं। अधिकारियों ने नहीं कर सुनवाई उन्होंने आरोप लगाया कि किस्तें रुकने के बाद बैंक की ओर से रिकवरी के लिए लगातार दबाव बनाया जा रहा है। कर्मचारियों को घर भेजा जा रहा है और प्लॉट पर बार-बार नोटिस चस्पा किए जा रहे हैं। सुभाष गुर्जर ने बताया कि चार दिन पहले किसान यूनियन का प्रतिनिधिमंडल बैंक प्रबंधक से मिला था। वहां से उन्हें करनाल स्थित अधिकारियों के पास भेजा गया, लेकिन वहां भी उनकी कोई सुनवाई नहीं हुई। इसी के विरोध में किसानों ने सोमवार को बैंक के बाहर ताला जड़कर धरना शुरू कर दिया।उन्होंने कहा कि जिस प्लॉट पर बैंक ने नोटिस लगाए हैं, वहां भारतीय किसान यूनियन ने अपना झंडा लगा दिया है। यदि बैंक ने जल्द समाधान नहीं निकाला तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। दोनों बेटों की मौत के बाद टूट गया परिवार 77 वर्षीय किसान मोहन सिंह ने बताया कि उनके बेटे ने पंजाब नेशनल बैंक से करीब 10 लाख रुपये का होम लोन लिया था। कुछ समय बाद बेटे की मौत हो गई। उनके दोनों बेटों का निधन हो चुका है, जिससे परिवार पूरी तरह आर्थिक संकट में आ गया। उन्होंने बताया कि बड़ी मुश्किल से साढ़े चार लाख रुपये बैंक में जमा कराए, लेकिन अब शेष राशि चुकाने की उनकी क्षमता नहीं है। उन्होंने बैंक से मानवीय आधार पर लोन का सेटलमेंट करने की मांग की। फिलहाल पुलिस और बैंक अधिकारियों की मौजूदगी में किसानों को समझाने का प्रयास जारी है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:43 pm

दरगाह खुद्दामों ने भ्रष्टाचार के आरोप नकारे:डीएम कार्यालय पहुंचे, बोले - जमीन कब्जाने वाले ठेकेदार लगा रहे झूठे आरोप

बहराइच में सैयद सालार मसूद गाजी की दरगाह कमेटी पर हाल ही में भ्रष्टाचार के आरोप लगाए गए थे। सोमवार को बड़ी संख्या में दरगाह के खुद्दाम जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे। उन्होंने इन आरोपों को नकारते हुए कहा कि दरगाह की जमीनों पर कब्जा करने वाले लोग ही गलत आरोप लगा रहे हैं। खुद्दामों ने जिलाधिकारी को एक ज्ञापन भी सौंपा, जिसमें दरगाह शरीफ की जमीन पर कब्जे और भ्रष्टाचार के आरोपों का जिक्र था। खुद्दामों का आरोप है कि कुछ ठेकेदार दरगाह की करोड़ों रुपये की जमीन पर कब्जा करके बैठे हैं और समिति पर बेबुनियाद भ्रष्टाचार के आरोप लगा रहे हैं। खुद्दामों के अनुसार, ये ठेकेदार पिछले 8-10 वर्षों से दरगाह का बकाया पैसा नहीं दे रहे हैं। दरगाह ने उनके खिलाफ मुकदमा भी दर्ज कराया है। खुद्दामों ने बताया कि उन पर लगे आरोपों के पीछे एक संगठित गिरोह काम कर रहा है, जिसका उद्देश्य दरगाह की छवि खराब करना है। उन्होंने दावा किया कि ठेकेदारों पर दरगाह का लगभग ढाई करोड़ रुपये से अधिक का बकाया है। खुद्दामों ने जिला प्रशासन से दरगाह की जमीन को कब्जा मुक्त कराने और बकाया धनराशि वसूलने की मांग की। जिलाधिकारी को संबोधित यह ज्ञापन नगर मजिस्ट्रेट राजेश प्रसाद को सौंपा गया।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:41 pm

बूंदी विधायक ने शहरी सेवा शिविर को बताया विफल:कहा- सरकार के अभियान में तैयारी की कमी, निरीक्षण में मिली कई कमियां

बूंदी विधायक हरिमोहन शर्मा ने बूंदी नगर परिषद में आयोजित शहरी सेवा शिविर का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्हें शिविर में कई कमियां मिलीं। विधायक शर्मा ने इस अभियान को 'पूर्णतया विफल' बताया। शर्मा ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार ने बिना पर्याप्त तैयारी के जल्दबाजी में यह अभियान शुरू किया है। उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती सरकार के अभियानों में जैसी तैयारी होती थी, वैसी वर्तमान में नहीं दिख रही। अधिकारियों को भी परेशानी हो रही है और केवल औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं। अभियान को बंद करने की दी सलाहउन्होंने बताया कि पिछली सरकार में लाखों पट्टे दिए गए थे, जबकि वर्तमान अभियान में सैकड़ों की संख्या भी पार नहीं हुई है। विधायक ने सरकार को बिना तैयारी के चल रहे इस अभियान को बंद करने की सलाह दी। विधायक शर्मा के शिविर में पहुंचते ही, कई आवेदनकर्ताओं ने अपने काम नहीं होने की शिकायत की। उन्होंने विधायक को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए प्रार्थना पत्र सौंपे। इस पर विधायक शर्मा ने नगर परिषद आयुक्त को तत्काल इन कार्यों को पूरा करने का निर्देश दिया। विधायक ने आयुक्त को दिए निर्देशविधायक शर्मा ने आयुक्त से शिविर में विभिन्न योजनाओं से संबंधित आंकड़े भी मांगे। उन्होंने आयुक्त को निर्देश दिए कि शिविर में प्राप्त सभी पट्टों और अन्य कार्यों के आवेदनों का जल्द से जल्द समाधान किया जाए। आयुक्त ने विधायक शर्मा को आश्वासन दिया कि नियमानुसार प्राप्त सभी आवेदनों का शीघ्र समाधान किया जाएगा।निरीक्षण के दौरान वार्ड पार्षद प्रेम प्रकाश एवरग्रीन, समाजसेवी संजय शर्मा और विशाल शर्मा भी विधायक के साथ मौजूद रहे।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:40 pm

मुकदमे में सुलह न करने पर व्यक्ति की हत्या:सीतापुर में घर में घुसकर धारदार हथियार से किया हमला, आरोपी फरार

सीतापुर के खजुन्ना गांव में रविवार देर रात करीब 2 बजे के बीच घर में घुसकर फरसे से किए गए हमले में एक 52 वर्षीय अधेड़ की सोमवार सुबह करीब 9 बजे इलाज के दौरान मौत हो गई। घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है। पुलिस ने मृतक के बेटे की तहरीर पर आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है और उसकी तलाश में दबिश दे रही है। जानकारी के अनुसार खजुन्ना गांव निवासी पवनेश कुमार ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि रविवार रात करीब 2 बजे वह अपने पिता सुरेश कुमार (52) के साथ घर में सो रहे थे। आरोप है कि इसी दौरान गांव निवासी कन्हैया लाल फरसा लेकर घर में घुस आया और सो रहे सुरेश कुमार पर वार कर दिए। शोर सुनकर पवनेश की नींद खुली तो उसने आरोपी को हमला करते देखा। उसने साहस दिखाते हुए आरोपी के हाथ से फरसा छीन लिया, लेकिन बाहर खड़े उसके साथियों ने कन्हैया लाल को छुड़ाकर मौके से फरार करा दिया। घटना में प्रयुक्त फरसा घटनास्थल पर ही छूट गया। आरोपियों ने घर में घुसकर मारपीट की गंभीर रूप से घायल सुरेश कुमार को परिजन तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पिसावां ले गए। जहां प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मृतक के बेटे का आरोप है कि करीब एक वर्ष पहले भी आरोपियों ने उनके घर में घुसकर मारपीट की थी। जिसका मुकदमा दर्ज कराया गया था। उसी मामले में समझौते का दबाव बनाया जा रहा था। समझौता न करने की वजह से पुरानी रंजिश के चलते इस वारदात को अंजाम दिया गया। पवनेश ने बताया कि वह तीन भाइयों में सबसे बड़ा है। परिवार खेती-किसानी कर जीवनयापन करता है। घटना के बाद परिवार में मातम पसरा है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। थाना प्रभारी सुनीत कुमार ने बताया कि पहले मारपीट की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:39 pm

शामली में तालाब पर अवैध कब्जे से जलभराव:ग्रामीणों ने DM से लगाई गुहार, बरसाती पानी की निकासी ठप

शामली जिले के कैराना तहसील स्थित ग्राम किशोरपुर मजरा ऊंचागांव के ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से गांव के तालाब से अवैध अतिक्रमण हटवाने की मांग की है। ग्रामीणों ने प्रार्थना पत्र देकर नालियों और बरसात के पानी की निकासी तालाब में सुनिश्चित कराने का आग्रह किया है। यह प्रार्थना पत्र सलेमचंद सहित समस्त ग्रामवासियों के हस्ताक्षर के साथ 6 जुलाई 2026 को सौंपा गया। ग्रामीणों के अनुसार, गांव में स्थित खसरा संख्या 306, रकबा 0.5220 हेक्टेयर वाले तालाब की लगभग 90 प्रतिशत भूमि पर कुछ लोगों ने अवैध रूप से कब्जा कर मकान और घेर बना लिए हैं। इस अतिक्रमण के कारण गांव की नालियों और बरसात का पानी तालाब तक नहीं पहुंच पा रहा है। नतीजतन, सड़कों पर गंदा पानी जमा रहता है, जिससे स्कूल जाने वाले बच्चों, राहगीरों और अन्य ग्रामीणों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बीमारियों के फैलने का खतरा प्रार्थना पत्र में यह भी बताया गया है कि जलभराव के कारण कई घरों में गंदा पानी भर जाता है, जिससे मकानों में दरारें आ गई हैं। इसके अतिरिक्त, गंदगी के कारण गांव में बीमारियों के फैलने का खतरा भी बना हुआ है। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से तत्काल तालाब की भूमि से अवैध कब्जा हटवाकर नालियों और बरसात के पानी की निकासी तालाब में सुनिश्चित करने की अपील की है, ताकि गांव को जलभराव और गंदगी की समस्या से स्थायी राहत मिल सके।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:39 pm

शामली में पेट्रोल पंप पर सेल्समैन को बंधक बनाकर लूट:बिना नंबर की स्कॉर्पियो से आए बदमाश, लॉकर ही उठा ले गए

शामली जनपद के थाना भवन थाना क्षेत्र में दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर स्थित एक जियो पेट्रोल पंप पर लूट की वारदात हुई है। 4 जून को देर रात करीब 1:51 बजे, बिना नंबर की स्कॉर्पियो गाड़ी में आए अज्ञात बदमाशों ने हथियारों के बल पर पेट्रोल पंप के दो सेल्समैन को बंधक बना लिया। बदमाशों ने सेल्समैन गौरव और अनिल को अवैध हथियारों के दम पर ऑफिस में रखे कैश लॉकर को खोलने का प्रयास किया। जब वे लॉकर नहीं खोल पाए, तो उसे ही उठाकर अपने साथ ले गए और फरार हो गए। घटना के बाद जियो पेट्रोल पंप के मैनेजर हेमंत संगल, पुत्र स्वर्गीय सुनील संगल (निवासी वी वी इंटर कॉलेज शामली) ने थाना भवन पुलिस को तहरीर दी है। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आरोपियों की तलाश में जुट गई है। दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर हुई इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। गौरतलब है कि पुलिस अधीक्षक द्वारा प्रत्येक पेट्रोल पंप पर पुलिस कांस्टेबल की तैनाती के निर्देश दिए गए थे।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:38 pm

बीजापुर बना नशे की तस्करी का नया ट्रांजिट रूट:तेलंगाना से खेप पहुंच रही, स्कूली बच्चों पर खतरे की आशंका

तीन राज्यों छत्तीसगढ़, तेलंगाना और महाराष्ट्र की सीमाओं से लगा बीजापुर अब अवैध नशे की तस्करी के लिए संवेदनशील मार्ग बनता जा रहा है। पुलिस की लगातार कार्रवाई के बावजूद जिले में नशीली गोलियों और गांजे का अवैध कारोबार थमने का नाम नहीं ले रहा है। स्थानीय लोगों और नशे की लत से जूझ रहे कुछ युवाओं का दावा है कि शहर के कई इलाकों में आज भी खुलेआम नशीले पदार्थ बेचे जा रहे हैं। बीते कुछ महीनों में कोतवाली पुलिस ने लाखों रुपये की नशीली गोलियां जब्त कर कई आरोपियों को गिरफ्तार किया था। बड़े पैमाने पर नशे का कारोबार करने के आरोप में आकाश ठाकुर को भी गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। इसके बावजूद स्थानीय लोगों का कहना है कि अवैध कारोबार पूरी तरह बंद नहीं हुआ है। इन इलाकों में बिक्री का दावा स्थानीय लोगों के अनुसार न्यू बस स्टैंड, उसके पीछे चट्टानपारा, पुराना बस स्टैंड, शांतिनगर और कलेक्ट्रेट के आसपास आज भी नशीले पदार्थों की बिक्री हो रही है। आरोप है कि पहले जिस मार्ग से तेलंगाना के वेंकटापुरम से भोपालपटनम होते हुए बीजापुर तक नशे की खेप पहुंचती थी, उसी रास्ते का अब भी इस्तेमाल किया जा रहा है। अब अधेड़ उम्र के लोग भी चपेट में कुछ युवाओं ने बताया कि पहले नशे का सेवन मुख्य रूप से 18 से 30 वर्ष के युवाओं तक सीमित था, लेकिन अब 50 से 55 वर्ष तक के लोग भी इसकी गिरफ्त में आ रहे हैं। उनका दावा है कि बस स्टैंड और कुछ चाय ठेलों के आसपास नशे का सेवन और बिक्री दोनों खुलेआम हो रहे हैं। स्कूली छात्रों तक पहुंचने का दावा, बढ़ी चिंता स्थानीय लोगों का सबसे गंभीर दावा यह है कि अब 10वीं, 11वीं और 12वीं कक्षा के कुछ छात्र भी नशीली गोलियों के संपर्क में आ रहे हैं। यदि यह दावा सही है, तो यह केवल कानून-व्यवस्था का नहीं बल्कि शिक्षा व्यवस्था और समाज के लिए भी गंभीर चिंता का विषय है। घरों से भी हो रही बिक्री का आरोप स्थानीय लोगों का आरोप है कि जिले में कई अलग-अलग नेटवर्क सक्रिय हैं। कुछ लोग अपने घरों से भी नशीली गोलियों की बिक्री कर रहे हैं, जिससे उन्हें मोटा मुनाफा हो रहा है। जिला शिक्षा अधिकारी बोले- ऐसी कोई प्रमाणित जानकारी नहीं जिला शिक्षा अधिकारी राजेश पांडेय ने बताया कि हाल ही में नशा मुक्ति दिवस के अवसर पर सभी स्कूलों को निर्देश जारी किए गए थे कि बच्चों को नशे के दुष्प्रभाव, उससे होने वाले नुकसान और बचाव के उपायों के बारे में जागरूक किया जाए। जिला प्रशासन भी लगातार नशा मुक्ति अभियान चला रहा है। स्कूली बच्चों के नशे की गिरफ्त में आने जैसी कोई प्रमाणित स्थिति अभी तक हमारे संज्ञान में नहीं आई है। इसके बावजूद स्कूलों के माध्यम से सतर्कता और जागरूकता अभियान लगातार संचालित किए जा रहे हैं। एसपी बोले- नशा बेचने वालों पर होगी कड़ी कार्रवाई बीजापुर पुलिस अधीक्षक जितेन्द्र यादव ने कहा कि पूर्व में भी कार्रवाई की गई है। सूचना मिलने पर नशीली दवा बेचने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। युवाओं को नशे की ओर धकेलने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:37 pm

ताजमहल के बगल में उफना रहे सीवर, सड़कें टूटीं:ताज के पास बसा है वार्ड-45, यहां की बाजार में सुविधाएं न होने से पर्यटक भी होते परेशान

दुनिया के सातवें अजूबे ताजमहल से चंद कदम दूर सीवर उफना रहे हैं। गलियां कीचड़ से भरी हैं। नाले चोक हैं। सार्वजनिक शौचालय जर्जर हैं, इनकी सीट भी गायब है। ताज की खूबसूरती निहारने वाले पर्यटक यहां से खराब अनुभव लेकर लौट रहे हैं। दुकानदारों का कहना है कि बाजार में सुविधाएं नहीं हैं। इसलिए पर्यटक आते तो हैं, लेकिन समय नहीं बताते। दुकानदारी भी प्रभावित हो रही है। दैनिक भास्कर की वार्ड परिक्रमा में वार्डवासियों व दुकानदारों का गुस्सा खुलकर सामने आया। लोगों ने बताया कि हर दिन 30 हजार से अधिक पर्यटक ताजमहल देखने आते हैं, लेकिन उनकी सुविधाओं का ख्याल नहीं रखा जा रहा है। ताज के आसपास की गलियों में गंदगी और बदबू है। सुविधाएं बढ़ाई जाएं तो पर्यटक अधिक समय यहां बिताएं। इससे व्यापार भी बढ़ेगा। दैनिक भास्कर वार्ड परिक्रमा अभियान चला रहा है। इस कड़ी में वार्ड-45 का जायजा लिया गया... ताजमहल के पूर्वी गेट के पास बने सार्वजनिक शौचालय की सीट गायब है। गंदगी पसरी है। तांगा स्टैंड पर अवैध ऑटो स्टैंड बना लिया गया है। बारिश के बाद ताजमहल के प्रवेश मार्ग पर कई दिनों तक कीचड़ जमा रहता है। ताजमहल के आसपास फुटपाथों पर अतिक्रमण नजर आता है। लोगों का कहना है कि सुविधाओं के अभाव में यहां आने वाले विदेशी पर्यटक परेशान होते हैं। पहले ये नजारा देखिए... तांगा स्टैंड बना कूड़ाघर, पर्यटक नाक बंद कर गुजरते हैं ताजमहल के तांगा स्टैंड पर अवैध ऑटो स्टैंड संचालित हो रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि नगर निगम के कर्मचारी भी मोहल्ले का कूड़ा वहीं डाल देते हैं। कूड़े के ढेर से उठने वाली बदबू के कारण विदेशी पर्यटक मुंह पर कपड़ा रखकर निकलने को मजबूर हैं। फैजान ने बताया कि ताजमहल की 100 से 500 मीटर की परिधि अब डंपिंग जोन बनती जा रही है। निर्माण संबंधी प्रतिबंधों के कारण जर्जर मकान खाली पड़े हैं, जिन्हें लोगों ने कूड़ा फेंकने की जगह बना दिया है। इससे मच्छर और दुर्गंध की समस्या लगातार बढ़ रही है। ताजमहल के पास ही बदहाल सार्वजनिक शौचालय ताजमहल के पूर्वी गेट और थाना ताजगंज के पास बने सार्वजनिक शौचालयों की हालत बेहद खराब मिली। कहीं सीट गायब थी तो कहीं मल-मूत्र और गंदगी फैली हुई थी। स्थानीय लोगों ने बताया कि महीनों तक सफाई नहीं होती। खुले होने के कारण रात में असामाजिक तत्व भी इनका इस्तेमाल कर जाते हैं, जिससे पूरे इलाके में बदबू फैली रहती है। लोगों का कहना है कि कई सार्वजनिक शौचालय बंद पड़े हैं, जबकि जो निजी शौचालय संचालित हैं वहां शौच के लिए 10 से 20 रुपये तक वसूले जाते हैं। ऐसे में स्थानीय लोगों और पर्यटकों दोनों को परेशानी उठानी पड़ती है। टूटी सड़कों और गंदगी से मेहमानों ने आना किया बंद स्थानीय लोगों का कहना है कि वार्ड की अधिकांश गलियां जर्जर हैं। बड़े-बड़े गड्ढों में बारिश का पानी भर जाता है, जिससे आए दिन हादसे होते हैं। वर्षों से गली नहीं बनी। बच्चे और बुजुर्ग रोज गिरकर चोटिल होते हैं। पहले रिश्तेदार और मेहमान आते थे, लेकिन अब इलाके की गंदगी और बदहाल सड़कें देखकर आने से कतराते हैं। महिला दुकानदारों ने बताया कि पर्यटक बाजार में रुकना पसंद नहीं करते। यदि सड़क और सफाई व्यवस्था सुधर जाए तो स्थानीय कारोबार को भी फायदा होगा। लोग बोले- खराब हो रही शहर की छवि स्थानीय लोगों ने बताया कि शौचालय की नियमित सफाई नहीं होने से बाजार आने वाले लोगों और स्कूल के बच्चों को बदबू का सामना करना पड़ता है। विदेशी पर्यटक भी इसी रास्ते से गुजरते हैं, लेकिन सफाई व्यवस्था बेहद खराब है। खुले सीवर का पानी सड़क पर बहता रहता है। विदेशी पर्यटक वीडियो बनाकर गंदगी दिखाते हैं और इससे शहर की छवि खराब होती है। वार्ड की बड़ी समस्याएं सार्वजनिक शौचालय बदहाल – कई शौचालय बंद हैं, कहीं सीट और दरवाजे टूटे हैं, नियमित सफाई नहीं होती। सीवर ओवरफ्लो और चोक नालियां – गंदा पानी सड़कों पर बहता है और बदबू बनी रहती है। अवैध अतिक्रमण और ऑटो स्टैंड – तांगा स्टैंड और फुटपाथों पर अतिक्रमण से यातायात और पर्यटन प्रभावित। जर्जर सड़कें और जलभराव – टूटी सड़कें, गड्ढे और बारिश में कीचड़ लोगों की परेशानी बढ़ाते हैं। पेयजल संकट – कई मोहल्लों में गंगाजल की लाइन नहीं, जहां लाइन है वहां पर्याप्त प्रेशर नहीं मिलता। कूड़ा और बंदरों का आतंक – नियमित सफाई नहीं होने से गंदगी बढ़ रही है और बंदरों की समस्या भी बनी हुई है। बारिश के बाद कई दिन रहता कीचड़ बारिश के बाद ताजमहल के प्रवेश मार्गों पर कई दिनों तक कीचड़ जमा रहता है। लोगों का कहना है कि बुजुर्ग, बच्चे और पर्यटक अक्सर फिसलकर गिर जाते हैं। सफाईकर्मियों को कीचड़ हटाने में दो से तीन दिन लग जाते हैं। तब तक कीचड़ सूखकर धूल बन जाती है और पूरा इलाका धूल से भर जाता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि ताजमहल जैसे विश्व धरोहर स्थल के आसपास ऐसी स्थिति शहर की छवि पर भी सवाल खड़े करती है। ताज के साए में भी पानी के लिए तरस रहे लोग गुड़ियाई मंडी और आसपास के मोहल्लों में गंगाजल की लाइन होने के बावजूद लोगों को नियमित पानी नहीं मिल रहा। कई इलाकों में पाइपलाइन ही नहीं पहुंची है, जबकि ऊंचाई वाले क्षेत्रों में पानी का प्रेशर नहीं बनता। दानिश खान ने बताया कि उनके मोहल्ले में आज तक गंगाजल की लाइन नहीं डाली गई। कई बार पीने के पानी तक के लिए बाहर से पानी खरीदना पड़ता है। ----------- ये खबर भी पढ़िए… 10 साल से ‘गंगाजल’ का इंतजार कर रहे वार्डवासी:आगरा के वार्ड-96 में गलियों में बह रहा सीवर का पानी ,पार्षद बोले-दो साल में सीवर समस्या खत्म करेंगे वार्ड-96 धनकोट फुव्वारा में पिछले 10 साल से लोग साफ पानी को तरस रहे हैं। ये हालात तब हैं जब आगरा नगर निगम गंगाजल परियोजना पर करोड़ों रुपये खर्च करने का दावा करता है। महिलाएं आधा किलोमीटर दूर से पानी ढोकर लाने को मजबूर हैं। घरों का मल-मूत्र खुली नालियों में बह रहा है। सीवर जाम हैं और गलियों में कूड़े के ढेर लगे हैं। दूसरी ओर पार्षद 100% विकास का दावा कर रही हैं। दैनिक भास्कर की वार्ड परिक्रमा में जमीनी तस्वीर इन दावों से बिल्कुल उलट मिली। कहीं खुला सीवर हादसे को दावत दे रहा है, कहीं टूटी सड़कें और अवैध तबेले लोगों की मुश्किलें बढ़ा रहे हैं। पूरी खबर पढ़ें… ----------- ये खबर भी पढ़िए… वार्ड-95 में विधायक के घर के सामने कूड़े का ढेर:बादशाह शाहजहां ने बसाया था बाग फरजाना वार्ड, लोग बोले-कभी नवाबी थे ठाठ आगरा के बाग फरजाना वार्ड में रहने वालों के कभी नवाबी ठाठ हुआ करते थे। यहां के लोग बताते हैं कि शहर के इस हिस्से में हर आवश्यक सुविधा उपलब्ध थी। मुगलकाल में बादशाह शाहजहां ने अपनी बेगम की याद में इसे बसाया था। अब हालात ऐसे हैं कि सांस लेना भी मुश्किल हो रहा है। विधायक के आवास के सामने भी कूड़े का ढेर और टूटी सड़कें नजर आती हैं। यहां की हवा में सीवर की सड़ांध है। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:35 pm

भदोही में बारिश ने गर्मी से दिलाई राहत:वार्ड-13 और सुरियावां स्कूल में जलभराव ने बढ़ाई मुसीबत

जिले में सोमवार सुबह करीब 10:30 बजे हल्की हवा के साथ बारिश हुई। इससे लोगों को गर्मी से राहत मिली और किसानों के चेहरे खिल उठे। हालांकि, इस बारिश के कारण घोसिया नगर पंचायत के वार्ड नंबर 13 और सुरियावां स्थित पूर्व माध्यमिक विद्यालय परिसर में जलजमाव हो गया, जिससे आवागमन में परेशानी हुई। यह मानसून की पहली बारिश थी, जो जिले के हर क्षेत्र में दर्ज की गई। मौसम विभाग के अनुसार, पिछले वर्ष जून माह में 70 एमएम बारिश हुई थी, जबकि इस वर्ष अब तक केवल 5 एमएम बारिश ही दर्ज की गई है, जो पिछले साल की तुलना में 65 एमएम कम है। सोमवार को भी 5 एमएम बारिश हुई। बारिश के कारण घोसिया नगर पंचायत के वार्ड नंबर 13 की सड़कों पर पानी भर गया, जिससे स्थानीय निवासियों को आवागमन में दिक्कतें आईं। इसी तरह, सुरियावां स्थित पूर्व माध्यमिक विद्यालय परिसर में भी लगातार बारिश के बाद जलभराव की स्थिति बन गई है। विद्यालय के मुख्य प्रवेश द्वार से लेकर परिसर के अंदर तक पानी जमा होने से आने-जाने में कठिनाई हो रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते जल निकासी की उचित व्यवस्था नहीं की गई, तो विद्यालय खुलने पर छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और कर्मचारियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। परिसर में जमा पानी से फिसलने की आशंका के साथ-साथ मच्छरों के पनपने का खतरा भी बढ़ गया है। क्षेत्रीय नागरिकों ने संबंधित विभाग और शिक्षा अधिकारियों से विद्यालय परिसर में जल निकासी की समुचित व्यवस्था कराने तथा जलभराव की समस्या का शीघ्र समाधान करने की मांग की है, ताकि विद्यार्थियों को सुरक्षित और स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराया जा सके।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:34 pm

करनाल में नहर किनारे में मिली विवाहिता की स्कूटी:तीन साल पहले की थी लव मैरिज, दो साल से चल रहा था पति से विवाद

करनाल शहर में एक विवाहिता संदिग्ध हालातों में लापता हो गई है। चार दिन पहले उसकी स्कूटी पश्चिमी यमुना नहर के किनारे खड़ी मिली। स्कूटी में चाबी लगी थी और मोबाइल भी वहीं रखा मिला। घटना के बाद से परिवार लगातार तलाश में जुटा है। आशंका जताई जा रही है कि विवाहिता ने नहर में छलांग लगा ली हो। गोताखोरों की टीम मौके पर लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही है, लेकिन अभी तक कोई सुराग नहीं मिल पाया है। लव मैरिज के बाद बिगड़े रिश्ते, दो साल से मायके में रह रही थीकरनाल ज्योतिनगर की प्रिया नरवाल (उम्र करीब 25 साल) ने साल 2022 में शेखपुरा गांव के हरमिंद्र सिंह के साथ लव मैरिज की थी। शादी के बाद दोनों के बीच विवाद शुरू हो गया था। परिवार के अनुसार झगड़ों के चलते प्रिया पिछले करीब दो साल से अपने मायके में रह रही थी। इस दौरान पति-पत्नी के बीच तनाव लगातार बना हुआ था और मामला कोर्ट तक पहुंच गया था। कोर्ट में पति की दूसरी पत्नी को देखकर बढ़ी परेशानीपरिजनों ने बताया कि एक जून को प्रिया कोर्ट में तारीख पर गई थी। वहां उसने अपने पति के साथ दूसरी पत्नी और बच्ची को देखा। इससे वह काफी परेशान हो गई थी। परिवार का कहना है कि हरमिंद्र सिंह ने बिना तलाक लिए दूसरी शादी कर ली थी। कोर्ट से लौटने के बाद प्रिया मानसिक रूप से तनाव में रहने लगी थी। अगले ही दिन उसके चेहरे पर पैरालाइसिस की समस्या भी हो गई थी, जिससे उसकी हालत और खराब हो गई थी। स्कूटी के पास छोड़ा मोबाइल, भाई को किया आखिरी फोनपरिजनों के मुताबिक 3 जुलाई की शाम करीब साढ़े 7 बजे प्रिया की स्कूटी घोघड़ीपुर के पास नहर किनारे खड़ी मिली। स्कूटी में चाबी लगी हुई थी और मोबाइल भी वहीं रखा था। प्रिया ने स्कूटी खड़ी करने के बाद अपने छोटे भाई को फोन किया था। उसने भाई से कहा कि स्कूटी यहां खड़ी है, इसे ले जाना और वह नहर में छलांग लगाने जा रही है। इसके बाद से उसका कोई पता नहीं चला। नहर में लगातार चल रहा सर्च ऑपरेशनगोताखोर प्रगट सिंह ने बताया कि सूचना मिलते ही टीम मौके पर पहुंच गई थी। नहर में सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया और स्कूटी मिलने वाले स्थान से आगे और पीछे दोनों दिशाओं में तलाश की गई। मुनक हेड और पिचौलिया हेड पर भी टीम ने जांच की है। परिजन भी मौके पर मौजूद रहकर तलाश में लगे हैं, लेकिन अभी तक कोई सुराग हाथ नहीं लगा है। पति पर मानसिक रूप से परेशान करने के आरोपपरिजनों ने प्रिया के पति पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि हरमिंद्र सिंह के अन्य महिलाओं के साथ संबंध थे और वह प्रिया को मानसिक रूप से परेशान करता था। परिवार का आरोप है कि दूसरी शादी के कारण प्रिया काफी तनाव में थी और इसी वजह से उसने यह कदम उठाया हो सकता है। परिवार और पुलिस की तलाश जारीघटना के बाद से परिवार के लोग लगातार नहर किनारे और आसपास के क्षेत्रों में खोजबीन कर रहे हैं। पुलिस और गोताखोरों की टीम अलग-अलग स्थानों पर सर्च कर रही है। चार दिन बीत जाने के बावजूद कोई सुराग नहीं मिलने से परिवार की चिंता बढ़ती जा रही है। फिलहाल सभी की नजर नहर और उसके आसपास के इलाकों पर टिकी हुई है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:33 pm

गिरिडीह में नवविवाहिता की हत्या का खुलासा:पति ने चरित्र संदेह में गला दबाकर की हत्या, नाले से मिला सड़ा-गला शव

गिरिडीह जिले के पीरटांड़ थाना क्षेत्र में नवविवाहिता की हत्या के मामले का पुलिस ने महज 12 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया। हरकटवा नाला से सड़े-गले अवस्था में शव बरामद होने के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक डॉ. बिमल कुमार के निर्देश पर एसडीपीओ आबिद खान के नेतृत्व में विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया। त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने मृतका के पति मुन्नालाल किस्कू को गिरफ्तार कर लिया। पीरटांड़ थाना में 5 जुलाई 2026 को कांड संख्या 23/26 के तहत भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया था। पुलिस ने तकनीकी और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर आरोपी तक पहुंच बनाई और पूरे घटनाक्रम का पर्दाफाश किया। प्रेम विवाह के बाद बढ़ा शक जांच के दौरान आरोपी मुन्नालाल किस्कू ने पूछताछ में अपना अपराध स्वीकार कर लिया। उसने बताया कि 9 मार्च 2026 को उसने प्रेम प्रसंग के बाद भावनपुर की युवती से विवाह किया था। शादी के बाद से ही उसे अपनी पत्नी के चरित्र पर संदेह था और वह अक्सर उसे लेकर शंकित रहता था। घटना वाले दिन पत्नी के मोबाइल पर किसी अन्य युवक का फोन आया, जिससे वह आक्रोशित हो गया। गुस्से में आकर उसने अपनी पत्नी का गला दबाकर हत्या कर दी। हत्या के बाद आरोपी ने शव को हरकटवा नाला में ले जाकर घास से ढंक दिया, ताकि किसी को शक न हो। इसके बाद वह घर लौटकर सामान्य व्यवहार करता रहा, जिससे किसी को घटना की भनक नहीं लगी। पुलिस ने बरामद किए साक्ष्य, जेल भेजा गया आरोपी पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर हत्या स्थल को चिन्हित किया और आसपास की झाड़ियों से मृतका की गुलाबी रंग की चप्पल भी बरामद की। इसके अलावा आरोपी का ओप्पो कंपनी का मोबाइल फोन भी जब्त किया गया है, जो जांच में अहम साक्ष्य माना जा रहा है। गिरफ्तार आरोपी 19 वर्षीय मुन्नालाल किस्कू है। उसके पिता का नाम गोराचंद किस्कू है। वह धावाटांड, टोला हरकटवा का निवासी है। छापेमारी दल में एसडीपीओ आबिद खान, थाना प्रभारी जितेंद्र कुमार सिंह सहित कई पुलिसकर्मी शामिल थे। पुलिस ने आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:32 pm

ड्यूटी के दौरान दो पुलिसकर्मी सड़क हादसे का शिकार:हरदोई में बाइक और कार की टक्कर, महिला समेत दो सिपाही अस्पताल में भर्ती

हरदोई जनपद में सोमवार की सुबह 9 और 10 बजे के बीच एक घंटे के भीतर हुए दो अलग-अलग सड़क हादसों में ड्यूटी पर तैनात एक महिला और एक पुरुष सिपाही गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों घायलों को जिला मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। घटना की सूचना मिलने पर संबंधित अधिकारियों ने मेडिकल कॉलेज पहुंचकर घायलों का हालचाल जाना। पहला हादसा सुबह करीब 9 से 10 बजे के बीच बेहटा गोकुल थाना क्षेत्र में हुआ। झांसी जनपद के 24 वर्षीय सिपाही मयंक कुमार अपने साथी सिपाही कल्याण यादव के साथ बाइक से सुरजीपुर हल्का क्षेत्र की ओर जा रहे थे। बाइक कल्याण यादव चला रहे थे और उन्होंने हेलमेट पहन रखा था। बाइक को जोरदार टक्कर मारी खटौनाखेड़ा के पास पहुंचते ही सामने से आ रही एक तेज रफ्तार बाइक ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि मयंक उछलकर सिर के बल सड़क पर जा गिरे, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं। हेलमेट पहनने के कारण कल्याण यादव को मामूली खरोंचें ही आईं। बेहटा गोकुल थानाध्यक्ष मार्कंडेय सिंह ने तत्काल मौके पर पहुंचकर मयंक को टोडरपुर सीएचसी भिजवाया, जहां से उन्हें मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। दूसरा हादसा सवायजपुर कोतवाली के सामने घटित हुआ। संभल निवासी 26 वर्षीय महिला सिपाही कोमल, जो कोतवाली में तैनात हैं, सोमवार सुबह अपनी स्कूटी से बाजार जाने के लिए निकली थीं। मेडिकल कॉलेज रेफर किया जैसे ही वह कोतवाली से बाहर मुख्य सड़क पर आईं, एक अनियंत्रित कार ने उनकी स्कूटी में जोरदार टक्कर मार दी। इस हादसे में कोमल भी सिर के बल सड़क पर गिर पड़ीं और गंभीर रूप से घायल हो गईं। उन्हें सवायजपुर सीएचसी से प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत में मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। हादसों की जानकारी मिलते ही हरपालपुर सीओ प्रवीण कुमार यादव और बेहटा गोकुल थानाध्यक्ष मार्कंडेय सिंह मेडिकल कॉलेज पहुंचे। दोनों अधिकारियों ने घायल सिपाहियों मयंक और कोमल का हाल जाना। उन्होंने इमरजेंसी प्रभारी डॉ. अमित आनंद से दोनों घायलों की स्थिति और इलाज के संबंध में विस्तृत चर्चा की।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:32 pm

नाथूसरी कलां में पेयजल संकट, ग्रामीणों का अनिश्चितकालीन धरना:150 घरों में 2 महीने से पानी नहीं, टैंकर मंगवाने को मजबूर, जलघर पर प्रदर्शन

सिरसा जिले में नाथूसरी चोपटा क्षेत्र के कुम्हारिया गांव में भीषण गर्मी के बीच गहराते पेयजल संकट को लेकर ग्रामीणों ने जलघर में अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है। लगभग 150 घरों में जन स्वास्थ्य विभाग की पेयजल लाइन से पर्याप्त पानी नहीं पहुंच रहा है, जिससे ग्रामीण परेशान हैं। ग्रामीणों के अनुसार, पिछले 2 महीने से जन स्वास्थ्य विभाग द्वारा पानी की आपूर्ति बिल्कुल नहीं हो पा रही है। गांव के जलघर में 3 पानी के टैंक होने के बावजूद भी पीने का पानी उपलब्ध नहीं कराया जा रहा है। यह समस्या पिछले एक साल से करीब 150 घरों में गंभीर बनी हुई है। टैंकर मंगवाने को मजबूर है ग्रामीण ग्रामीणों को पीने के पानी के लिए मजबूरन 500 रुपए देकर पानी के टैंकर मंगवाने पड़ रहे हैं। एक टैंकर का पानी मात्र 2 से 5 दिन ही चल पाता है। ग्रामीणों ने बताया कि दिहाड़ी मजदूरी कर वे 400 से 500 रुपए कमाते हैं, लेकिन शाम को पीने का पानी न मिलने पर टैंकर पर 500 रुपए खर्च हो जाते हैं। ग्रामीणों ने कई बार विभागीय अधिकारियों को समस्या से अवगत कराया है, लेकिन बार-बार चक्कर कटवाने के अलावा कोई स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। उन्होंने बताया कि उन्होंने जन स्वास्थ्य विभाग के आला अधिकारियों को कई बार पीने के पानी की समस्या हल करने के लिए अवगत करवाया गया। ग्रामीण बोले- समाधान नहीं होने तक जारी रहेगा धरना लेकिन अधिकारियों ने बार-बार चक्कर कटवाने के अलावा इस समस्या की ओर कोई ध्यान नहीं दिया। उन्हें मजबूरन जल घर पर धरना शुरू किया है, और जब तक पीने के पानी की समस्या का समाधान नहीं होगा तब तक धरना जारी रहेगा। धरने पर बैठे ग्रामीणों में बलबीर डारा, कृष्ण कुमार डारा, अमर सिंह, रामचंद्र, मदन डारा, धर्मपाल, सुरेश कुमार, अर्जुन मेव, विक्रम सिंह, महेंद्र, हनुमान, मनीराम, साधु राम, पवन, जनक राज और धर्मपाल सहित कई लोग शामिल हैं।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:32 pm

जैहिंद शुक्ल पुण्यतिथि पर 28 लोगों ने किया रक्तदान:विंध्य फाउंडेशन ट्रस्ट, दवा विक्रेता समिति के पदाधिकारियों ने किया प्रेरित

मिर्जापुर में जैहिंद शुक्ल की पुण्यतिथि पर रविवार को रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। विंध्य फाउंडेशन ट्रस्ट, अखिल भारत रचनात्मक समाज और दवा विक्रेता समिति के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस पांचवें स्वैच्छिक रक्तदान शिविर में 28 लोगों ने रक्तदान किया। कुल 35 लोगों ने पंजीकरण कराया था, जिनमें से स्वास्थ्य परीक्षण के बाद 28 को रक्तदान के लिए उपयुक्त पाया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ बुढ़ेनाथ मंदिर के महंत डॉ. योगानंद गिरी, त्रिमुहानी गुरुद्वारा कमेटी के संत श्याम सुंदर दास, साहित्यकार सलिल पांडेय, डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष अशोक सिंह और अखिल भारत रचनात्मक समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष बिभूति कुमार मिश्र सहित अन्य अतिथियों ने किया। उन्होंने मां विंध्यवासिनी के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्ज्वलन किया। इस शिविर में पिता-पुत्र, पति-पत्नी और भाई-बहन की जोड़ियों ने भी रक्तदान कर समाज के सामने प्रेरणादायी उदाहरण प्रस्तुत किया। रक्तदान करने वालों में कार्यक्रम संयोजक एवं विंध्य फाउंडेशन ट्रस्ट के उपाध्यक्ष शिव कुमार शुक्ल, पंकज केसरी और उनके पुत्र आकाश केसरी, अजय पांडेय और उनके पुत्र शुभम पांडेय, शुभम कसेरा और उनकी पत्नी जागृति कसेरा, शुभम केसरी और उनकी बहन सिद्धि केसरी, सीए संतोष त्रिपाठी, बसंत कुमार गुप्ता और अधिवक्ता अशोक दुबे प्रमुख रहे। उपस्थित अतिथियों ने रक्तदान के महत्व पर प्रकाश डालते हुए इसे जीवन बचाने का सबसे बड़ा दान बताया। उन्होंने कहा कि जन्मदिन, पुण्यतिथि और अन्य विशेष अवसरों पर रक्तदान जैसे आयोजन समाज के लिए प्रेरणास्रोत बन सकते हैं। 'मिर्जापुर रक्तदान गौरव सम्मान-2026' नगर पालिका अध्यक्ष श्याम सुंदर केसरी और ब्रह्माकुमारीज केंद्र की प्रभारी बिंदू दीदी के प्रतिनिधि को प्रदान किया गया। जनपद के एकमात्र शतकवीर दाता अभिषेक साहू को भी विशेष सम्मान से नवाजा गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता साहित्यकार सलिल पांडेय ने की, जबकि संचालन विंध्य फाउंडेशन ट्रस्ट के उपाध्यक्ष आशुतोष हैहयवंशी ने किया। इस आयोजन में बड़ी संख्या में समाजसेवी, चिकित्सक और विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी मौजूद रहे।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:32 pm

भोपाल में 173 एकड़ में बनेगा स्मार्ट इंडस्ट्रियल पार्क:CM डॉ. मोहन यादव ने किया भूमि-पूजन; 15 हजार रोजगार के अवसर बनेंगे

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोमवार को राजधानी भोपाल के सतगढ़ी में बनने वाले डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी स्मार्ट इंडस्ट्रियल पार्क का भूमि-पूजन किया। इस दौरान देश और प्रदेश के 200 से अधिक उद्योगपति, निवेशक और उद्योग संगठनों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। सरकार का कहना है कि यह परियोजना भोपाल को औद्योगिक विकास का नया केंद्र बनाएगी। 173 एकड़ में होगा आधुनिक औद्योगिक क्षेत्र करीब 173 एकड़ में बनने वाला यह स्मार्ट इंडस्ट्रियल पार्क 'वर्क-लिव-ग्रो' मॉडल पर विकसित किया जाएगा। यानी यहां उद्योगों के साथ कर्मचारियों के रहने, कौशल विकास, नवाचार और अन्य जरूरी सुविधाएं भी उपलब्ध होंगी। इससे उद्योगों को बेहतर माहौल मिलेगा और निवेश बढ़ने की उम्मीद है। आईटी, एआई समेत कई सेक्टर की कंपनियां आएंगी पार्क में हाई वैल्यू मैन्युफैक्चरिंग, गारमेंट, टॉयज, आईटी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), लॉजिस्टिक्स और नई तकनीक से जुड़े उद्योग स्थापित किए जाएंगे। इससे भोपाल और आसपास के क्षेत्रों में औद्योगिक गतिविधियां बढ़ेंगी। 15 हजार से ज्यादा लोगों को मिलेगा रोजगार सरकार के अनुसार, इस परियोजना से 15 हजार से अधिक प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा होंगे। इसका सबसे ज्यादा फायदा भोपाल और आसपास के युवाओं को मिलेगा। साथ ही स्थानीय व्यापार और अर्थव्यवस्था को भी नई रफ्तार मिलेगी। 10 हजार लोगों की क्षमता वाला कन्वेंशन सेंटर बनेगा परियोजना के तहत करीब 25 एकड़ में विश्वस्तरीय कन्वेंशन एवं एग्जिबिशन सेंटर भी बनाया जाएगा। इसकी क्षमता 10 हजार से अधिक लोगों की होगी। यहां राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के निवेशक सम्मेलन, औद्योगिक प्रदर्शनियां, व्यापार मेले और बड़े व्यावसायिक कार्यक्रम आयोजित किए जा सकेंगे।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:31 pm

बिजली के नए कनेक्शन के लिए नहीं लगाने होंगे चक्कर:जयपुर डिस्कॉम ने लोड बढ़ाने, नए कनेक्शन और डिस्कनेक्शन की प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन की

जयपुर डिस्कॉम के बिजली उपभोक्ताओं को अब नया कनेक्शन, बिजली लोड बढ़ाने और कनेक्शन डिस्कनेक्ट करने के लिए बिजली दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने होंगे। डिस्कॉम ने इन सुविधओं को तेज और पारदर्शी बनाने के लिए नया स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SOP) लागू किया है। इसके तहत अब बिजली का नया कनेक्शन, बिजली लोड बढ़ाने और कनेक्शन डिस्कनेक्ट करने की पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन होगी। सभी आवेदन निगम के ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से किए जाएंगे और हर स्तर पर अधिकारियों की जिम्मेदारी भी तय कर दी गई है।नई व्यवस्था का उद्देश्य उपभोक्ताओं को कार्यालयों के चक्कर लगाने से बचाना, फाइलों में होने वाली देरी खत्म करना और तय समय में सेवाएं उपलब्ध कराना है। इसके लिए आवेदन से लेकर स्वीकृति और कार्य पूरा होने तक की पूरी प्रक्रिया डिजिटल माध्यम से मॉनिटर की जाएगी।ऑनलाइन मिलेगी ये सुविधाएंनई SOP के तहत उपभोक्ता अब ऑनलाइन माध्यम से नया बिजली कनेक्शन लेने, मौजूदा कनेक्शन का लोड बढ़ाने और आवश्यकता होने पर कनेक्शन डिस्कनेक्ट कराने के लिए आवेदन कर सकेंगे। आवेदन की स्थिति भी ऑनलाइन ट्रैक की जा सकेगी, जिससे प्रक्रिया अधिक पारदर्शी होगी।आवेदन के बाद ऐसे होगी कार्रवाईऑनलाइन आवेदन प्राप्त होने के बाद संबंधित अधिकारी दस्तावेजों की जांच करेंगे। आवश्यकता होने पर मौके का निरीक्षण किया जाएगा। निरीक्षण में बिजली लाइन, ट्रांसफार्मर की उपलब्ध क्षमता और तकनीकी मानकों की जांच होगी। सभी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद ऑनलाइन स्वीकृति जारी की जाएगी और निर्धारित समय में कार्य पूरा कराया जाएगा।हर अधिकारी की तय होगी जिम्मेदारीSOP में सहायक अभियंता (AEN), कनिष्ठ अभियंता (JEN), कार्यालय स्टाफ और तकनीकी कर्मचारियों की जिम्मेदारियां स्पष्ट की गई हैं। किस अधिकारी को आवेदन जांचना है, किसे निरीक्षण करना है और किसे अंतिम स्वीकृति देनी है, इसकी पूरी कार्यप्रणाली निर्धारित कर दी गई है। इससे किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी होने पर जवाबदेही तय की जा सकेगी।इन बातों पर रहेगा विशेष फोकससभी आवेदन ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से स्वीकार किए जाएंगे।डॉक्यूमेंट्स का डिजिटल सत्यापन किया जाएगा।जरूरत होने पर साइट निरीक्षण अनिवार्य होगा।निर्धारित समय सीमा में आवेदन का निस्तारण किया जाएगा।पूरी प्रक्रिया का रिकॉर्ड ऑनलाइन सुरक्षित रहेगा।उपभोक्ता आवेदन की स्थिति ऑनलाइन देख सकेंगे।शिकायतों के निस्तारण पर भी जोरनई व्यवस्था में केवल आवेदन प्रक्रिया ही नहीं, बल्कि शिकायतों के समाधान पर भी विशेष ध्यान दिया गया है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि उपभोक्ताओं की शिकायतों का समयबद्ध समाधान किया जाए और सभी रिकॉर्ड ऑनलाइन अपडेट किए जाएं।उपभोक्ताओं को क्या होगा फायदानई SOP लागू होने से नए कनेक्शन और लोड बढ़ाने की प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक आसान और पारदर्शी होगी। उपभोक्ताओं को बार-बार बिजली कार्यालय नहीं जाना पड़ेगा, आवेदन की स्थिति ऑनलाइन पता चल सकेगी और तय समय में सेवाएं मिलने से अनावश्यक देरी और शिकायतों में कमी आने की उम्मीद है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:30 pm

नरोत्तम मिश्रा बोले- पहले वो जीता नहीं, मैं हारा था:दतिया में कहा- आज भी उसी बात पर कायम हूं; जीतू और भारती को फेसबुकिया नेता बताया

दतिया विधानसभा उपचुनाव से पहले दतिया की सियासत में बयानबाजी और तेज हो गई है। पूर्व गृहमंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने रावतपुरा कॉलेज में व्यापारियों के कार्यक्रम के दौरान कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी और पूर्व विधायक राजेंद्र भारती पर तीखा हमला बोला। उन्होंने दोनों नेताओं को फेसबुकिया नेता बताते हुए कहा कि उनका जनता के बीच कोई जनाधार नहीं है और वे सिर्फ सोशल मीडिया की राजनीति कर रहे हैं। कांग्रेस नेताओं के हालिया आरोपों पर पलटवार करते हुए नरोत्तम मिश्रा ने कहा, पटवारी साहब, मैं 15 साल से पेड न्यूज के आरोप झेल रहा हूं, लेकिन कभी रोना नहीं रोया। आप लोग तो छोटी-सी बात पर ही रोने लगते हैं। “ये सिर्फ फेसबुक और व्हाट्सएप के नेता”राजेंद्र भारती के उस दावे पर भी उन्होंने सवाल उठाए, जिसमें केंद्रीय मंत्री की ओर से ऑफर दिए जाने की बात कही गई थी। मिश्रा ने कहा कि वे पहले भी इस मामले में गवाही देने की बात कह चुके हैं। उन्होंने चुनौती देते हुए कहा, बताइए कौन-से केंद्रीय मंत्री के पीए ने ऑफर दिया था? अगर दावा किया है तो सबूत भी सामने लाना चाहिए। व्यापारियों को संबोधित करते हुए नरोत्तम मिश्रा ने कांग्रेस नेतृत्व पर तंज कसते हुए कहा कि ये सिर्फ फेसबुक और व्हाट्सएप के नेता हैं। जनता के बीच इनका कोई आधार नहीं है। ये केवल तेरहवीं और पंगत में दिखाई देने वाले नेता हैं। “वो नहीं जीता था, मैं हारा था”उन्होंने पिछले विधानसभा चुनाव का जिक्र करते हुए कहा कि दतिया में कांग्रेस की जीत किसी लहर की वजह से नहीं हुई थी। “मैं पहले भी कह चुका हूं कि वो नहीं जीता था, मैं हारा था। आज भी उसी बात पर कायम हूं। दतिया की जनता मेरा परिवार है और उनके बीच मेरा रिश्ता हमेशा बना रहेगा।”

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:28 pm

24 घंटे का अल्टीमेटम, नहीं मानी मांगें तो सफाई होगी:सफाई कर्मचारियों ने निकाली रैली; वेतन कटौती, तबादलों और बायोमेट्रिक व्यवस्था का विरोध

अजमेर नगर निगम में कार्यरत स्थाई और अस्थाई सफाई कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर एक बार फिर आंदोलन पर उतर चुके है। सोमवार को वाल्मीकि समाज संघर्ष समिति के बैनर तले सैकड़ों सफाई कर्मचारियों ने डाक बंगले से कलेक्ट्रेट तक आक्रोश रैली निकाली। कलेक्ट्रेट पहुंचकर कर्मचारियों ने नगर निगम प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और जिला कलेक्टर को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपते हुए 24 घंटे के भीतर मांगों पर निर्णय लेने का अल्टीमेटम दिया। कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि यदि तय समय में मांगें नहीं मानी गईं तो पूरे शहर की सफाई व्यवस्था ठप कर दी जाएगी। इसके तहत सामूहिक अवकाश, झाड़ू डाउन आंदोलन, अधिकारियों का घेराव और पूर्ण हड़ताल जैसे कदम उठाए जाएंगे। तबादलों और वेतन कटौती पर जताया विरोध संघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि नगर निगम प्रशासन सफाई कर्मचारियों की समस्याओं की लगातार अनदेखी कर रहा है। ज्ञापन में मांग की गई कि स्थाई और अस्थाई सफाई कर्मचारियों को 1 जून 2026 से पहले की तरह उनके मूल वार्डों और मुख्य मार्गों पर ही तैनात किया जाए। इसके साथ ही 2 जुलाई 2026 को उपायुक्त द्वारा जारी स्थानांतरण आदेश को तत्काल निरस्त करने, अस्थाई कर्मचारियों के लंबित भुगतान की व्यवस्था करने और ठेकेदार द्वारा वेतन से काटे गए दो-दो हजार रुपए वापस दिलाने की मांग भी की गई। कर्मचारियों ने पूर्व में जिलाधीश की मौजूदगी में हुए समझौते का हवाला देते हुए बायोमेट्रिक उपस्थिति व्यवस्था समाप्त कर पहले की तरह उपस्थिति दर्ज करने की मांग रखी। वहीं स्वास्थ्य निरीक्षक, जमादार और सफाई कर्मचारियों के स्थानांतरण से पहले ट्रेड यूनियन को विश्वास में लेने की भी मांग की गई। 5000 में घर चलाएं या ₹3000 किराया दें' कर्मचारी नेता सन्नी गोयर ने कहा कि नगर निगम प्रशासन लगातार वाल्मीकि समाज के सफाई कर्मचारियों पर अत्याचार कर रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि कर्मचारियों के कार्यस्थल दूर-दराज के क्षेत्रों में बदल दिए गए हैं, जिससे आने-जाने में ही करीब तीन हजार रुपए खर्च हो जाएंगे।उन्होंने कहा, एक कच्चा कर्मचारी पांच हजार रुपए में अपना घर चलाए, बच्चों का पालन-पोषण करे या आने-जाने का किराया दे? प्रशासन कर्मचारियों की समस्याएं सुनने को तैयार नहीं है। गोयर ने कहा कि प्रशासन को 24 घंटे का समय दिया गया है। यदि समाधान नहीं हुआ तो होटल, अस्पताल सहित पूरे शहर में सफाई कार्य बंद कर दिया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी नगर निगम प्रशासन की होगी। उग्र आंदोलन की चेतावनी संघर्ष समिति के अध्यक्ष मुकेश हेनवाल, उपाध्यक्ष विजय कुमार धंजा, सन्नी गोयर, सुमित गोडाले और महामंत्री संजय सोनवाल सहित अन्य पदाधिकारियों के हस्ताक्षरयुक्त ज्ञापन में चेतावनी दी गई है कि मांगें पूरी नहीं होने पर सफाई कर्मचारी सामूहिक अवकाश लेकर पूर्ण हड़ताल करेंगे। इसके अलावा अधिकारियों का घेराव, गेट मीटिंग और झाड़ू डाउन आंदोलन भी किया जाएगा। कर्मचारियों का कहना है कि मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं होने तक आंदोलन जारी रहेगा।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:28 pm

गोंडा में अनियंत्रित होकर सरयू नहर में पलटा ट्रैक्टर:राहगीरों ने बचाई ट्रैक्टर चालक की जान, खेत की जुताई करके लौट रहा था

गोंडा जिले में देहात कोतवाली क्षेत्र के जमदरा ग्राम पंचायत में लालनगर नहर के पास एक ट्रैक्टर अनियंत्रित होकर सरयू नहर में पलट गया। यह घटना आज सुबह करीब 11 बजे हुई। राहगीरों ने तुरंत नहर में कूदकर ट्रैक्टर चालक रोहित पाल की जान बचाई। रोहित पाल खेत की जुताई कर अपने ट्रैक्टर से घर लौट रहे थे। इसी दौरान लालनगर सरयू नहर के पास उनका ट्रैक्टर अनियंत्रित हो गया और नहर में जा गिरा। स्थानीय राहगीरों ने बिना देर किए नहर में छलांग लगाई और रोहित पाल को सुरक्षित बाहर निकाला। उन्हें तत्काल इलाज के लिए एक स्थानीय डॉक्टर के पास ले जाया गया। नहर में पलटा हुआ ट्रैक्टर अभी भी वहीं फंसा है। उसे निकालने के लिए जेसीबी मशीन बुलाई गई है और प्रयास जारी हैं। देहात कोतवाल शमशेर बहादुर सिंह ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि रोहित पाल खेत की जुताई के बाद घर लौटते समय ट्रैक्टर पर नियंत्रण खो बैठे, जिससे वह नहर में पलट गया। देहात कोतवाल ने बताया कि स्थानीय लोगों ने समय रहते रोहित पाल को बचा लिया। यदि राहगीर तुरंत कार्रवाई न करते, तो नहर में पानी अधिक होने के कारण एक बड़ी दुर्घटना हो सकती थी। ग्रामीण अब जेसीबी की मदद से ट्रैक्टर को बाहर निकालने का काम कर रहे हैं।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:28 pm

पानी की टंकी पर चढ़ी महिला VIDEO:बेटे ने कैप्टन की शादी में फोटोग्राफी की थी, उनका ही लैपटॉप व मोबाइल रख लिया

अलवर शहर के यशवंत सीनियर सैकंडरी स्कूल में सोमवार सुबह तिजारा फाटक निवासी महिला मिथलेश सुबह करीब 11 बजे पानी की टंकी पर चढ़ गई। महिला का आरोप था कि बोधन कॉलोनी निवासी एक आर्मी अफसर के पिता ने उसके और उसके बेटे के साथ मारपीट की और जबरन उनका मोबाइल व लैपटॉप छीन लिया। अरावली विहार थाने में 2 महीने पहले शिकायत देने के बावजूद जब पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की, तो तंग आकर उसे यह कदम उठाना पड़ा। करीब आधे घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद पुलिस और स्थानीय लोगों ने महिला को समझाइश कर टंकी से नीचे उतारा। पीड़ित पक्ष का आरोप: 2 घंटे बंधक बनाया टंकी से नीचे उतरने के बाद रोते हुए मिथलेश ने अपनी आपबीती सुनाई। महिला के बेटे दीपक ने बताया कि 30 अप्रैल को आर्मी कैप्टन की शादी में केवल अलवर के कार्यक्रम के लिए फोटोग्राफी की बुकिंग तय हुई थी, जिसे मैंने पूरा कर दिया। आखिरी वक्त में उन्होंने गुरुग्राम चलने का दबाव बनाया। शादी के बाद डाटा देने के लिए उन्होंने मुझे घर बुलाया। वहां कैप्टन के पिता ने मुझे धमकाया कि 'CO से फोन करवाकर थाने में इलाज करवा दूंगा'। उन्होंने मेरा आईफोन, लैपटॉप और डाटा पेन ड्राइव छीन लिया। इसके बदले में मुझसे 2 लाख रुपए का चेक मांगा गया। जब मैंने मना किया तो मारपीट कर खाली कागज पर जबरन लिखवा लिया कि मैं अपनी मर्जी से सामान छोड़ कर जा रहा हूं। पीड़ित महिला का आरोप है कि अरावली विहार थाने में रिपोर्ट देने के बावजूद पुलिस ने मदद करने के बजाय उन्हें फटकार कर भगा दिया। डेढ़-दो महीने तक कोई सुनवाई नहीं होने पर मजबूरी में मां को टंकी पर चढ़ना पड़ा। आरोपी पक्ष का दावा: डेढ़ लाख के हिसाब का वीडियो हमारे पास दूसरी ओर, आरोपी पक्ष की महिला प्रेमवती (कैप्टन की मां) ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए फोटोग्राफर पर ही धोखा देने का आरोप लगाया है। महिला ने कहा कि “मेरा बेटा कैप्टन है और बहू लेफ्टिनेंट। फोटोग्राफी के लिए 71 हजार रुपए तय हुए थे, जिसमें से हमने 55 हजार रुपए (40 हजार लग्न पर, 11 हजार एडवांस और बाकी बारात के दिन) दे दिए थे। इसके बावजूद बारात जब बड़ौदामेव पहुंची, तो उसने और पैसों की मांग की और फिर फोन बंद कर दिया।”दीपक के फोन बंद करने के कारण हमें गुरुग्राम में ऐन वक्त पर दूसरा फोटोग्राफर एडवांस देकर बुलाना पड़ा, जिससे हमारा नुकसान हुआ। प्रेमवती का दावा है कि दीपक का सामान उनके पास सुरक्षित है। तीनों मां-बेटे खुद हिसाब करने आए थे और दीपक ने खुद लिखकर दिया था कि वह 'डेढ़ लाख रुपए देकर अपना सामान ले जाएगा।' ऐसा लिखते हुए उनका वीडियो भी बनाया गया है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:27 pm

संगम पर बनेगा कांच का ब्रिज, CM आज मंजूरी देंगे:प्रयागराज के विकास के लिए 9668 करोड़ की परियोजनाओं को मिलेगी हरी झंडी

प्रयागराज में गंगा, यमुना और अदृश्य सरस्वती के ऊपर कांच का एक ब्रिज बनाया जाएगा। दुनियाभर से आने श्रद्धालु अब इस ब्रिज से संगम का दीदार कर सकेंगे। इस ब्रिज का प्रस्ताव लोक निर्माण विभाग ने तैयार किया है। इसकी मंजूरी देने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सोमवार को प्रयागराज आ रहे हैं। इसके साथ ही वह लोक निर्माण विभाग (PWD) की 9,668.26 करोड़ रुपये की महत्वाकांक्षी परियोजनाओं को मंजूरी देंगे। इस विकास पैकेज का सबसे प्रमुख आकर्षण गंगा और यमुना नदियों पर प्रस्तावित नए पुल हैं, जो शहर की यातायात व्यवस्था की तस्वीर बदल देंगे। नदियों पर पुलों का नया नेटवर्कगंगा और यमुना से तीन ओर से घिरे प्रयागराज के भौगोलिक स्वरूप को ध्यान में रखते हुए शहर के तीनों ओर पुलों का एक मजबूत जाल बिछाया जाएगा। संगम पर बनेगा कांच का पुल: पर्यटन और आधुनिक इंजीनियरिंग के अनूठे उदाहरण के रूप में संगम के ऊपर अरैल से झूंसी को जोड़ने के लिए एक भव्य 'ग्लास ब्रिज' (कांच का पुल) का निर्माण किया जाएगा। शास्त्री ब्रिज को मिलेगा विकल्पदारागंज और झूंसी के बीच गंगा नदी पर शास्त्री ब्रिज के समानांतर एक नया पुल बनाया जाएगा। यह परियोजना वाराणसी रूट पर झूंसी से आने-जाने वाले वाहनों को लगने वाले भीषण जाम से शहर को स्थायी मुक्ति दिलाएगी। यमुना पर नया संपर्कशहर के पश्चिमी और दक्षिणी छोर को बेहतर कनेक्टिविटी देने के लिए करैलाबाग से नैनी मड़ौका के बीच यमुना नदी पर एक और पुल का निर्माण प्रस्तावित है।इन तीनों प्रमुख पुलों के साथ ही जिले में कुल 128 पुल, फ्लाईओवर और बाईपास का निर्माण किया जाएगा, जिससे शहर के भीतर और बाहरी इलाकों में आवागमन सुगम होगा। मुख्यमंत्री का दौरा और विकास का संकल्पमुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपने दौरे की शुरुआत यमुना बैंक रोड स्थित बोट क्लब के निकट नवनिर्मित डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की प्रतिमा के अनावरण के साथ करेंगे। इसके बाद मेला ऑफिस सभागार में वे एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करेंगे। इसमें उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, पीडब्ल्यूडी राज्य मंत्री बृजेश सिंह, जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह और सांसद कृष्णा पासवान की उपस्थिति में 9,668.26 करोड़ रुपये की इन परियोजनाओं को आधिकारिक हरी झंडी दी जाएगी। सड़क सुरक्षा और बुनियादी ढांचे का कायाकल्पजनप्रतिनिधियों के सुझावों और शिकायतों के आधार पर तैयार की गई इस कार्ययोजना में सड़कों के निर्माण, चौड़ीकरण और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। सड़कों का जाल पर लगभग 4,022 करोड़ रुपये की लागत से 1,355 किलोमीटर से अधिक लंबी 880 नई सड़कों का जाल बिछाया जाएगा। 1,254 करोड़ रुपये खर्च कर 430 किलोमीटर से लंबी 34 प्रमुख सड़कों को चौड़ा और मजबूत किया जाएगा।सड़क सुरक्षा: यात्रा को सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से 831 किलोमीटर लंबी सड़कों पर 106 रोड सेफ्टी कार्यों पर लगभग 29 करोड़ रुपये खर्च होंगे। योजना में प्रशासनिक सुधार और सुविधा विस्तार के तहत 5 नए हेलीपैड और 15 नए भवनों का निर्माण भी शामिल है। निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने का लक्ष्यप्रयागराज के जनप्रतिनिधियों से प्राप्त सुझावों के गहन अध्ययन के बाद विभाग ने यह विस्तृत कार्ययोजना तैयार की है। शासन का स्पष्ट निर्देश है कि मुख्यमंत्री की मंजूरी मिलते ही टेंडर और अन्य प्रशासनिक प्रक्रियाएं युद्धस्तर पर शुरू कर दी जाएं। सरकार का लक्ष्य है कि इन सभी परियोजनाओं को इसी वित्तीय वर्ष के भीतर पूरा कर लिया जाए, ताकि प्रयागराज की कनेक्टिविटी और बुनियादी सुविधाएं विश्वस्तरीय बन सकें।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:26 pm

संगम पर बनेगा कांच का ब्रिज, आज सीएम देंगे मंजूरी:प्रयागराज के विकास का 'ब्लूप्रिंट' तैयार, 9,668 करोड़ की परियोजनाओं को मिलेगी हरी झंडी

प्रयागराज में गंगा, यमुना और अदृश्य सरस्वती के ऊपर कांच का एक ब्रिज बनाया जाएगा। दुनियाभर से आने श्रद्धालु अब इस ब्रिज से संगम का दीदार कर सकेंगे। इस ब्रिज का प्रस्ताव लोक निर्माण विभाग ने तैयार किया है। इसकी मंजूरी देने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सोमवार को प्रयागराज आ रहे हैं। इसके साथ ही वह लोक निर्माण विभाग (PWD) की 9,668.26 करोड़ रुपये की महत्वाकांक्षी परियोजनाओं को मंजूरी देंगे। इस विकास पैकेज का सबसे प्रमुख आकर्षण गंगा और यमुना नदियों पर प्रस्तावित नए पुल हैं, जो शहर की यातायात व्यवस्था की तस्वीर बदल देंगे। नदियों पर पुलों का नया नेटवर्कगंगा और यमुना से तीन ओर से घिरे प्रयागराज के भौगोलिक स्वरूप को ध्यान में रखते हुए शहर के तीनों ओर पुलों का एक मजबूत जाल बिछाया जाएगा। संगम पर बनेगा कांच का पुल: पर्यटन और आधुनिक इंजीनियरिंग के अनूठे उदाहरण के रूप में संगम के ऊपर अरैल से झूंसी को जोड़ने के लिए एक भव्य 'ग्लास ब्रिज' (कांच का पुल) का निर्माण किया जाएगा। शास्त्री ब्रिज को मिलेगा विकल्पदारागंज और झूंसी के बीच गंगा नदी पर शास्त्री ब्रिज के समानांतर एक नया पुल बनाया जाएगा। यह परियोजना वाराणसी रूट पर झूंसी से आने-जाने वाले वाहनों को लगने वाले भीषण जाम से शहर को स्थायी मुक्ति दिलाएगी। यमुना पर नया संपर्क: शहर के पश्चिमी और दक्षिणी छोर को बेहतर कनेक्टिविटी देने के लिए करैलाबाग से नैनी मड़ौका के बीच यमुना नदी पर एक और पुल का निर्माण प्रस्तावित है।इन तीनों प्रमुख पुलों के साथ ही जिले में कुल 128 पुल, फ्लाईओवर और बाईपास का निर्माण किया जाएगा, जिससे शहर के भीतर और बाहरी इलाकों में आवागमन सुगम होगा। मुख्यमंत्री का दौरा और विकास का संकल्पमुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपने दौरे की शुरुआत यमुना बैंक रोड स्थित बोट क्लब के निकट नवनिर्मित डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की प्रतिमा के अनावरण के साथ करेंगे। इसके बाद मेला ऑफिस सभागार में वे एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करेंगे। इसमें उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, पीडब्ल्यूडी राज्य मंत्री बृजेश सिंह, जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह और सांसद कृष्णा पासवान की उपस्थिति में 9,668.26 करोड़ रुपये की इन परियोजनाओं को आधिकारिक हरी झंडी दी जाएगी। सड़क सुरक्षा और बुनियादी ढांचे का कायाकल्पजनप्रतिनिधियों के सुझावों और शिकायतों के आधार पर तैयार की गई इस कार्ययोजना में सड़कों के निर्माण, चौड़ीकरण और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। सड़कों का जाल पर लगभग 4,022 करोड़ रुपये की लागत से 1,355 किलोमीटर से अधिक लंबी 880 नई सड़कों का जाल बिछाया जाएगा। 1,254 करोड़ रुपये खर्च कर 430 किलोमीटर से लंबी 34 प्रमुख सड़कों को चौड़ा और मजबूत किया जाएगा।सड़क सुरक्षा: यात्रा को सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से 831 किलोमीटर लंबी सड़कों पर 106 रोड सेफ्टी कार्यों पर लगभग 29 करोड़ रुपये खर्च होंगे। योजना में प्रशासनिक सुधार और सुविधा विस्तार के तहत 5 नए हेलीपैड और 15 नए भवनों का निर्माण भी शामिल है। निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने का लक्ष्यप्रयागराज के जनप्रतिनिधियों से प्राप्त सुझावों के गहन अध्ययन के बाद विभाग ने यह विस्तृत कार्ययोजना तैयार की है। शासन का स्पष्ट निर्देश है कि मुख्यमंत्री की मंजूरी मिलते ही टेंडर और अन्य प्रशासनिक प्रक्रियाएं युद्धस्तर पर शुरू कर दी जाएं। सरकार का लक्ष्य है कि इन सभी परियोजनाओं को इसी वित्तीय वर्ष के भीतर पूरा कर लिया जाए, ताकि प्रयागराज की कनेक्टिविटी और बुनियादी सुविधाएं विश्वस्तरीय बन सकें।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:26 pm

जहां पहुंचना मुश्किल, वहां ड्रोन ने बोए बीज:चित्तौड़गढ़ के बस्सी सेंचुरी की दुर्गम पहाड़ी में जंगल बढ़ाने की नई पहल, सितंबर में दिखेगा पहला रिजल्ट

चित्तौड़गढ़ जिले की बस्सी सेंचुरी में जंगल बढ़ाने के लिए इस बार पारंपरिक पौधारोपण की जगह नई तकनीक अपनाई गई है। वन विभाग ने ऐसे इलाके को चुना, जहां पहुंचना ही सबसे बड़ी चुनौती है। सेंचुरी के बिछोर नाका क्षेत्र की खड़ी पहाड़ी पर ड्रोन के जरिए हजारों सीड बॉल और अलग-अलग प्रजातियों के बीज गिराए गए हैं। उम्मीद है कि बारिश के साथ ये बीज अंकुरित होंगे और आने वाले समय में यहां फिर से हरियाली बढ़ेगी। इस पूरे अभियान का मकसद सिर्फ पेड़ लगाना नहीं, बल्कि ऐसे दुर्गम इलाकों में भी जंगल तैयार करना है, जहां अब तक पौधारोपण करना लगभग नामुमकिन माना जाता था। यह काम डीएफओ राहुल झाझरिया के निर्देशन में किया गया और वन विभाग इसे एक प्रयोग के रूप में देख रहा है, जिसके नतीजे आने वाले महीनों में सामने आएंगे। 20 हेक्टेयर क्षेत्र चुना, जहां पेड़ों की संख्या सबसे कम थी वन विभाग ने इस अभियान के लिए बस्सी सेंचुरी के बिछोर नाका का करीब 20 हेक्टेयर क्षेत्र चुना। इस हिस्से में पेड़ों की संख्या काफी कम है और प्राकृतिक रूप से हरियाली भी कमजोर हो चुकी है। विभाग का मानना है कि अगर यहां बीज सफलतापूर्वक उगते हैं तो आने वाले सालों में यह इलाका फिर से हरा-भरा हो सकता है। इस प्रोजेक्ट के तहत करीब 7 हजार सीड बॉल तैयार किए गए। इनके अलावा 20 से 25 किलो स्थानीय पौधों के बीज और 30 से 35 किलो घास के बीज भी ड्रोन के जरिए पूरे इलाके में फैलाए गए। बीजों का चयन भी स्थानीय परिस्थितियों को ध्यान में रखकर किया गया, ताकि अंकुरित होने के बाद पौधे आसानी से बढ़ सकें और जंगल का प्राकृतिक स्वरूप विकसित हो। पहले तैयार किए गए सीड बॉल, फिर बारिश शुरू होते ही शुरू हुआ अभियान बस्सी के एसीएफ यशवंत कंवर ने बताया कि इस अभियान की तैयारी कई दिन पहले शुरू कर दी गई थी। सबसे पहले मिट्टी और सूखी घास की मदद से सीड बॉल तैयार किए गए। हर बॉल के बीच में जगह छोड़ी गई ताकि बाद में उसमें बीज डाले जा सकें। बारिश का मौसम शुरू होने से पहले खैर, बेर और क्षेत्र में प्राकृतिक रूप से मिलने वाली अन्य स्थानीय प्रजातियों के बीज इन बॉल में भरकर उन्हें फिर से मिट्टी से बंद कर दिया गया। कुल मिलाकर करीब 7 हजार सीड बॉल तैयार हुए। इसके बाद 27 और 28 जून को ड्रोन की मदद से इन्हें पहाड़ियों पर गिराया गया। एक बार में ड्रोन करीब 15 से 20 किलो वजन लेकर उड़ान भरता था और पूरे इलाके में अलग-अलग स्थानों पर बीज फैलाता गया। सीड बॉल के साथ बिना बॉल वाले सामान्य बीज और घास के बीज भी डाले गए, ताकि अलग-अलग स्तर पर हरियाली विकसित हो सके। तीन स्तर पर हरियाली बढ़ाने की कोशिश, पहाड़ी पर पहुंचना भी आसान नहीं था उन्होंने बताया कि इस अभियान की योजना सिर्फ बड़े पेड़ उगाने तक सीमित नहीं है। कोशिश यह है कि जंगल की पूरी प्राकृतिक संरचना तैयार हो। यानी ऊंचे पेड़ों के साथ बीच में झाड़ियां और सबसे नीचे घास भी विकसित हो। इससे जमीन को बेहतर सुरक्षा मिलेगी और वन्यजीवों के लिए भी अनुकूल वातावरण तैयार होगा। जिस पहाड़ी पर यह काम किया गया, वहां ढलान 60 से 70 डिग्री तक है। आम लोगों का वहां पहुंचना लगभग असंभव है। वन विभाग की टीम भी ट्रैक करके बड़ी मुश्किल से ऊपर पहुंची और पूरे क्षेत्र का निरीक्षण किया। रास्ता नहीं होने के कारण टीम को खुद रास्ता बनाते हुए आगे बढ़ना पड़ा। निरीक्षण के बाद ही तय किया गया कि इस इलाके में ड्रोन के जरिए बीज डालना सबसे बेहतर विकल्प रहेगा। पहले ड्रोन से सर्वे, फिर बीजारोपण... अब सितंबर और फरवरी में होगी जांच वन विभाग ने इस अभियान को पूरी तरह वैज्ञानिक तरीके से करने की कोशिश की है। बीज डालने से पहले 27 जून को ड्रोन से पूरे क्षेत्र की फोटोग्राफी कराई गई, ताकि यह रिकॉर्ड रहे कि अभियान शुरू होने से पहले इलाके में हरियाली कितनी थी और पेड़ों की कैनोपी कितनी खुली हुई थी। अगले दिन पूरे क्षेत्र में सीड बॉल और अन्य बीजों की ड्रोन से सीडिंग कराई गई। अब विभाग सितंबर में पहली बार इस इलाके का सर्वे करेगा और देखा जाएगा कि कितने बीज अंकुरित हुए हैं और कितना असर दिखाई दे रहा है। इसके बाद फरवरी 2027 में दोबारा निरीक्षण किया जाएगा। दोनों चरणों के परिणामों की तुलना करके यह तय होगा कि ड्रोन से सीड बॉल गिराने का यह प्रयोग कितना सफल रहा। फिलहाल वन विभाग इसे जंगल बढ़ाने की नई पहल के रूप में देख रहा है। अगर रिजल्ट अच्छे रहे तो भविष्य में बस्सी सेंचुरी के अन्य दुर्गम इलाकों और दूसरे वन क्षेत्रों में भी इसी तकनीक का इस्तेमाल किया जा सकता है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:26 pm

एक पैर पर खड़े होकर अतिथि शिक्षकों का प्रदर्शन:बोले- 20 हजार मानदेय में नहीं चल रहा परिवार, हड़ताल छठे दिन भी जारी

अपनी लंबित मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठे राज्य अतिथि शिक्षक (विद्यामितान) सोमवार को आंदोलन के छठे दिन भी डटे रहे। लगातार हो रही बारिश के बीच शिक्षकों ने धरना स्थल नहीं छोड़ा और सरकार का ध्यान अपनी मांगों की ओर आकर्षित करने के लिए एक पैर पर खड़े होकर अनोखा विरोध प्रदर्शन किया। शिक्षकों का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। राज्य अतिथि शिक्षक (विद्यामितान) कल्याण संघ छत्तीसगढ़ के आह्वान पर 1 जुलाई से प्रदेशभर में हड़ताल चल रही है। दुर्ग में भी बड़ी संख्या में अतिथि शिक्षक धरने पर बैठे हैं। सोमवार को शिक्षकों ने एक पैर पर खड़े होकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और अपनी नाराजगी जाहिर की। उनका कहना है कि वर्षों से प्रदेश के शासकीय स्कूलों में नियमित शिक्षकों की तरह सेवाएं देने के बावजूद उन्हें न तो समान वेतन मिल रहा है और न ही सेवा सुरक्षा। शिक्षा मंत्री के निवास का किया घेरावइससे पहले रविवार को आंदोलन ने और उग्र रूप ले लिया था। बड़ी संख्या में अतिथि शिक्षक पैदल मार्च करते हुए स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव के निवास पहुंचे और उनके बंगले का घेराव किया। इस दौरान शिक्षकों ने जोरदार प्रदर्शन करते हुए अपनी मांगों के समर्थन में नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि कई वर्षों से वे सरकार के समक्ष अपनी समस्याएं रख रहे हैं, लेकिन अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं निकाला गया है। 10 वर्षों से आदिवासी क्षेत्रों में दे रहे हैं सेवासंघ के पदाधिकारियों का कहना है कि प्रदेश के राज्य अतिथि शिक्षक पिछले करीब 10 वर्षों से दूरस्थ और आदिवासी क्षेत्रों सहित विभिन्न शासकीय स्कूलों में विद्यार्थियों को पढ़ा रहे हैं। इसके बावजूद उन्हें केवल 20 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय दिया जाता है, वह भी साल में सिर्फ 10 महीने के लिए। जबकि नियमित शिक्षकों को समान कार्य के बदले कई गुना अधिक वेतन, सेवा सुरक्षा और अन्य शासकीय सुविधाएं मिलती हैं। शिक्षकों का कहना है कि हर नए शैक्षणिक सत्र में उन्हें दोबारा नियुक्ति का इंतजार करना पड़ता है, जिससे उनके भविष्य को लेकर हमेशा असमंजस बना रहता है। उनका कहना है कि इतने कम मानदेय में परिवार का पालन-पोषण करना मुश्किल हो गया है। इसके साथ ही ग्रीष्मकालीन अवकाश का मानदेय, नियमित अवकाश, मातृत्व एवं पितृत्व अवकाश जैसी सुविधाएं भी उन्हें नहीं मिलतीं। आश्वासन के बाद भी नहीं निकला समाधानअतिथि शिक्षकों का कहना है कि चुनाव के दौरान सरकार की ओर से संविलियन अथवा समायोजन का भरोसा दिलाया गया था, लेकिन सरकार बनने के बाद भी इस दिशा में कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया। इसी कारण प्रदेशभर के हजारों शिक्षक आंदोलन करने को मजबूर हुए हैं। धरने पर बैठे शिक्षकों ने स्पष्ट किया कि जब तक सरकार उनकी प्रमुख मांगों संविलियन या समायोजन, समान कार्य के लिए समान वेतन, सेवा सुरक्षा और अन्य लंबित सुविधाओं—पर सकारात्मक निर्णय नहीं लेती, तब तक उनका अनिश्चितकालीन आंदोलन जारी रहेगा।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:25 pm

पानीपत में दुकान में घुसकर दो बार बोला धावा:लकड़ी के खुट्टे और लोहे की रॉड से वार; पूरा परिवार घायल, CCTV में कैद

पानीपत जिले के समालखा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले गांव चुलकाना में पुरानी रंजिश या किसी आपसी कहासुनी को लेकर एक ही परिवार पर जानलेवा हमला करने का मामला सामने आया है। दबंगों ने एक करियाणा दुकान को निशाना बनाते हुए महज आधे घंटे के भीतर दो बार धावा बोला। आरोपियों ने दुकान के अंदर घुसकर लाठी-डंडों, लकड़ी के खुट्टे और लोहे की रॉड से हमला कर एक ही परिवार के चार लोगों को लहूलुहान कर दिया। शोर सुनकर जब ग्रामीण मौके पर एकत्र होने लगे, तो आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए फरार हो गए। चुलकाना पुलिस चौकी ने पीड़ित की शिकायत पर नामजद आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पहली बार आए तो गाली-गलौज कर दी देख लेने की धमकी चुलकाना पुलिस चौकी को दी गई लिखित शिकायत में गांव चुलकाना निवासी दीपक ने बताया कि वह अपने परिवार के साथ गांव में ही रहता है। 2 जुलाई की शाम करीब 4 बजे वह अपने परिवार के साथ दुकान पर मौजूद था। इसी दौरान गांव का ही राजू, ललित और विजय उनकी दुकान पर आए। आते ही आरोपियों ने दुकान पर बैठे दीपक के चाचा के लड़के रमन को घेर लिया। आरोपियों ने रमन के साथ बिना किसी बात के मारपीट शुरू कर दी और गंदी-गंदी गालियां देते हुए आगे से देख लेने की धमकी दी। इसके बाद आरोपी वहां से चले गए। आधे घंटे बाद फिर हथियारों से लैस होकर आए 6-7 बदमाश, दुकान में घुसे पीड़ित दीपक ने बताया कि इस घटना के ठीक आधे घंटे बाद आरोपी राजू एक सोची-समझी साजिश के तहत अपने साथ भारी संख्या में साथियों को लेकर वापस आ गया। इस बार उसके साथ सचिन, आकाश और अन्य 2-3 अज्ञात साथी भी शामिल थे, जो हाथों में लाठी-डंडे और लोहे की रॉड (सरिया) लिए हुए थे। सभी आरोपी जबरन दुकान के अंदर घुस गए और वहां मौजूद दीपक, उसके पिता रणधीर, उसके चाचा और भाई रमन पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। सिर पर किया लकड़ी के खुट्टे और रॉड से वार, रास्ता रोककर पीटा हमले के दौरान मुख्य आरोपी राजू ने अपने हाथ में लिए हुए एक भारी-भरकम लकड़ी के खुट्टे (पशु बांधने वाला डंडा) से सीधे रमन के सिर पर जोरदार वार कर दिया, जिससे रमन का सिर फट गया और वह लहूलुहान हो गया। इसी बीच आरोपी सचिन ने लोहे की रॉड से रमन और परिवार के अन्य सदस्यों पर कई वार किए। बाकी आरोपियों ने लाठी-डंडों से पूरे परिवार को बेरहमी से पीटा। जब पीड़ित अपनी जान बचाने के लिए दुकान से बाहर भागने लगे, तो आरोपियों ने उन्हें चारों तरफ से घेरकर उनका रास्ता रोक लिया और दोबारा बुरी तरह पीटा। ग्रामीणों को इकट्ठा होते देख हथियार लहराते हुए भागे आरोपी दुकान के अंदर मचे इस खूनी संघर्ष और पीड़ितों के चीखने-चिल्लाने की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण और दुकानदार भारी संख्या में मौके की तरफ दौड़ पड़े। लोगों की भारी भीड़ को अपनी तरफ आता देख आरोपी घबरा गए। वे ग्रामीणों को देखकर अपने हाथों में लिए हथियार लहराते हुए और पीड़ितों को जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से भाग खड़े हुए। परिजनों ने तुरंत लहूलुहान रमन और अन्य घायलों को इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया। चुलकाना चौकी पुलिस ने दीपक की शिकायत के आधार पर आरोपी राजू, ललित, विजय, सचिन, आकाश और उनके अन्य साथियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:23 pm

चौक में सो रहे बुजुर्ग दंपती से मारपीट, गहने छीने:बेटे के कमरे की बाहर से कुंडी लगाई; गले में पहली ज्वेलरी तोड़कर भागे

भीलवाड़ा के दाता कला गांव में बीती रात तीन बदमाशों ने लूट की नीयत से एक घर में घुसकर चौक में सो रहे वृद्ध दंपती पर हमला कर दिया। बदमाश महिला के गले में पहनी रामनामी लूटकर फरार हो गए। विरोध करने पर बदमाशों ने लट्ठ व अन्य हथियारों से हमला कर वृद्ध को गंभीर रूप से घायल कर दिया। घटना के दौरान बदमाशों ने कमरे में सो रहे बेटे के कमरे की बाहर से कुंडी भी बंद कर दी, जिससे वह बाहर निकलकर माता-पिता का बचा नहीं सके। बुजुर्ग दंपति से की मारपीट मामला मांडल थाना क्षेत्र का है,यहां दाता कला निवासी बालूलाल जाट (65) अपनी पत्नी रामू देवी (60) के साथ घर के चौक में सो रहे थे। देर रात तीन अज्ञात बदमाश घर में घुसे और रामू देवी के गले में पहनी रामनामी लूटकर भागने लगे। इसी दौरान बालूलाल की नींद खुल गई। उन्होंने शोर मचाया तो बदमाशों ने लट्ठ व अन्य हथियारों से उन पर हमला कर दिया। बीच-बचाव करने आई रामू देवी के साथ भी मारपीट की गई। बेटे के कमरे की बाहर से कुंडी लगा दी घटना के दौरान कमरे में सो रहे पुत्र ओमप्रकाश के कमरे की बदमाशों ने बाहर से कुंडी बंद कर दी, जिससे वह बाहर नहीं निकल सका और माता-पिता को बचाने में असमर्थ रहा। शोर-शराबा सुनकर आसपास के लोग जागने लगे तो तीनों बदमाश रामनामी लेकर मौके से फरार हो गए। जांच में जुटी पुलिस पीड़ित परिवार की ओर से मांडल थाने में दी गई लिखित रिपोर्ट में तीन अज्ञात बदमाशों के खिलाफ घर में घुसकर लूट और मारपीट का मामला दर्ज कराया गया है। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, घटनास्थल का निरीक्षण किया तथा आसपास के लोगों से पूछताछ कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। घायल दंपत्ति का अस्पताल में इलाज किया जा रहा है। इनपुट क्रेडिट: जितेंद्र सिंह गौड़, मांडल

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:21 pm

राम जन्मभूमि चढ़ावा विवाद पर लखनऊ खंडपीठ का फैसला:जांच की मांग वाली याचिका पर सुनवाई नहीं

इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने राम जन्मभूमि मंदिर के चढ़ावे के कथित गबन मामले की जांच की मांग वाली जनहित याचिका पर सुनवाई से इनकार कर दिया है। न्यायालय ने सोमवार को यह आदेश दिया, जिसमें कहा गया कि इसी विषय पर सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका पहले से विचाराधीन है। न्यायमूर्ति राजन रॉय और न्यायमूर्ति मंजीव शुक्ला की खंडपीठ ने यह आदेश मोहित अशोक द्वारा दायर याचिका पर दिया। याचिका में राम मंदिर में श्रद्धालुओं द्वारा चढ़ाए गए धन के कथित गबन की स्वतंत्र जांच कराने की मांग की गई थी। इसके साथ ही, पूरे मामले का भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (सीएजी) से ऑडिट कराने का भी अनुरोध किया गया था।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:20 pm

गोरखपुर की महिला से कोलकाता में दरिंदगी:पति का एक्सीडेंट बताकर 3 बच्चों की मां को साथ ले गया, 2 सप्ताह तक किया रेप

गोरखपुर की एक महिला को कोलकाता ले जाकर 2 हफ्ते तक रेप करने वाले आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। महिला 3 बच्चों की मां है। आरोपी ने उसे पति का एक्सीडेंट बताकर अपने जाल में फंसाया। इलाज करवाने के नाम पर गहने मंगवाएं और रास्ते में नशीला पदार्थ पिलाकर अपने साथ लेकर चला गया। पीड़िता जब होश में आई तो खुद को एक कमरे में बंद पाई। पीड़िता के अनुसार दो हफ्ते बाद आरोपी घर पहुंचाने के नाम पर फिर उसे सहजनवां लाकर एक होटल में बंद कर दिया। वहीं से किसी तरह उसने पति से संपर्क किया। मामले में शनिवार की रात 8 बजे गिरफ्तारी हुई और रविवार दोपहर 2 बजे कोर्ट में पेश कर आरोपी को जेल भेज दिया गया। पीपीगंज थाने की पुलिस आगे की कार्रवाई में जुटी है। जानिए पूरा मामला… गोरखपुर के पीपीगंज थाना क्षेत्र के जंगल कौड़िया चौकी अंतर्गत एक गांव की रहने वाली 35 साल की महिला को पति के दोस्त शैलेश यादव ने अपने जाल में फंसाया। वह चिलुआताल थाना क्षेत्र का रहने वाला है। 19 जून को पीपगंज थाने में दी गई तहरीर में पीड़िता ने बताया कि बगल की गांव में रहने वाले पति के दोस्त 29 मई की देर शाम उसके घर आया। वहां पहुंच कर उसने बताया कि महिला की पति का मनीराम में भयंकर एक्सीडेंट हो गया है। पास के एक प्राइवेट हॉस्पिटल में भर्ती हैं। महिला को जल्द से जल्द वहां पहुंचना होगा। आरोपी की बात सुनकर महिला घबरा गई। वह रोने लगी। समझ नहीं आया कि क्या करना है। फिर आरोपी जैसा- जैसा कहते गया, महिला वैसा- वैसा करते गई। महिला के अनुसार, आरोपी ने कहा कि पति को गंभीर चोट लगी है। इलाज में बहुत खर्च लगेगा। इसलिए घर में गहने साथ ले ले। आरोपी ने महिला को नशीला पदार्थ पिलाया उसकी बातों पर विश्वास कर पीड़िता ने सोने-चांदी के गहने अपने साथ रख लिए और उसके साथ निकल गई। महिला रास्ते भर रोती रही। इसी का फायदा उठाकर आरोपी ने महेसरा पुल के नीचे पानी पिलाने के बहाने आरोपी ने उसे नशीला पदार्थ पिला दिया। महिला के अनुसार, पानी पीने के बाद वह बेहोश गई। इसके बीच में क्या हुआ उसे कुछ पता नहीं चला। होश आने पर पता चला कि वह कोलकाता के किसी अज्ञात स्थान पर एक कमरे में बंद है। आरोप है कि बेहोशी की हालत में आरोपी ने उसके साथ दो सप्ताह तक बार-बार संबंध बनाए। सहजनवां के होटल में भी किया शोषणबाद में उसे घर पहुंचाने की बात कहकर गोरखपुर के सहजनवां स्थित एक होटल में रखा, जहां फिर से यौन शोषण किया गया। इसी दौरान महिला किसी तरह अपने पति से संपर्क किया। पूरी आपबीती बताई। जिसके बाद पति होटल के सामने पहुंचे और महिला को वहां से अपने साथ ले गए। बेचने की कोशिश की महिला ने यह भी आरोप लगाया कि पति के दोस्त ने उसे बेचने की भी कोशिश की। विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी और मारपीट की। जानकारी के मुताबिक महिला तीन बच्चों की मां है। घर से अचानक गायब हो जाने पर पहले इस मामले में पति ने गुमशुदगी की FIR दर्ज कराई थी। पत्नी के मिल जाने पर दूसरी तहरीर दी गई। जिसके आधार पर पुलिस ने खोजबीन शुरू किया और शनिवार को आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। रविवार को कोर्ट में पेश उसे जेल भेजा गया है। जानकारी देते हुए सीओ कैंपियरगंज अनुराग कुमार सिंह ने बताया कि आरोपी से पूछताछ जारी है। साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:19 pm

ऑपरेशन के बाद बच्ची कोमा में गई:परिजनों ने DM से शिकायत की, CMO जांच करने हॉस्पिटल पहुंचे

रायबरेली में शाश्वत नर्सिंग होम में इलाज के दौरान एक 10 वर्षीय बच्ची कोमा में चली गई है। परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं और जिलाधिकारी से शिकायत की है। मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) जांच के लिए अस्पताल पहुंचे हैं। पीड़ित पिता शरद कुमार सिंह के अनुसार, उन्होंने अपनी 10 वर्षीय बेटी शिवानी सिंह को 29 जून 2026 को शाश्वत नर्सिंग होम में भर्ती कराया था। अगले दिन, 30 जून 2026 की सुबह ऑपरेशन के दौरान बच्ची जोर-जोर से चीखने-चिल्लाने लगी। इसके बावजूद उसे बिना स्ट्रेचर के बाहर लाकर परिजनों को सौंप दिया गया। परिजनों का आरोप है कि बच्ची की नाक से खून बह रहा था, जिसे अस्पताल के डॉक्टर और कर्मचारियों ने पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया। चीखने पर बच्ची को एक इंजेक्शन दिया गया, जिसके बाद वह तुरंत बेहोश हो गई और उसकी धड़कन रुक गई। अस्पताल में ऑक्सीजन की व्यवस्था और आपातकालीन चिकित्सा सुविधाओं का अभाव बताया गया है। परिजनों ने स्वयं वेंटिलेटर युक्त एम्बुलेंस का प्रबंध कर बच्ची को लखनऊ के अपोलो अस्पताल पहुंचाया, जहां वह वर्तमान में कोमा में है। डॉक्टरों ने उसे 'ब्रेन डैमेज' बताया है। शरद कुमार सिंह ने जिलाधिकारी को शिकायती पत्र देकर अस्पताल के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने प्रशासन से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की गुहार लगाई है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:17 pm

इंदौर में 62 करोड़ का फ्लायओवर बना परेशानी:सत्यसाई चौराहे पर गड्ढों और कीचड़ में फंस रहे वाहन; बारिश में बदहाल हुई ट्रैफिक व्यवस्था

इंदौर के सबसे व्यस्त यातायात मार्गों में शामिल सत्यसाई चौराहे पर निर्माणाधीन 6-लेन फ्लायओवर अब लोगों के लिए सुविधा से ज्यादा परेशानी का कारण बनता जा रहा है। मध्यप्रदेश रोड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (MPRDC) की देखरेख में 62 करोड़ रुपए की लागत से बन रहे इस फ्लायओवर की निर्धारित समय सीमा मार्च 2026 में समाप्त हो चुकी है, लेकिन तीन महीने से ज्यादा समय बीत जाने के बावजूद प्रोजेक्ट का केवल 40% का ही पूरा हो सका है। निर्माण काम की धीमी गति और एजेंसी की लापरवाही के चलते पूरा चौराहा गहरे गड्ढों, कीचड़ और निर्माण सामग्री के मलबे से अटा पड़ा है। इसका खामियाजा रोजाना हजारों वाहन चालकों को भुगतना पड़ रहा है। बारिश ने बढ़ाई परेशानी, सड़कें बनी खतरे का कारण देवास नाका से विजयनगर की ओर जाने वाले मार्ग पर कई बड़े गड्ढे बन गए हैं, जिनमें बारिश का पानी भरने से वाहन चालकों को उनकी गहराई का अंदाजा तक नहीं लग पाता। सत्यसाई स्कूल के समीप सड़क की स्थिति इतनी खराब हो चुकी है कि दोपहिया और चारपहिया वाहनों का संतुलन बिगड़ने का खतरा बना रहता है। वहीं, एबी रोड से बसंत विहार कॉलोनी की ओर जाने वाले मार्ग पर 15 से 20 फीट लंबे और करीब दो फीट गहरे गड्ढे लोगों की परेशानी बढ़ा रहे हैं। सड़क पर फैली गिट्टी और निर्माण सामग्री के कारण वाहन फिसल रहे हैं और कीचड़ में फंस रहे हैं। कई स्थानों पर चैंबर के ढक्कन धंस जाने से दुर्घटना की आशंका भी बनी हुई है। गर्डर लॉन्चिंग पूरी, फिर भी बंद पड़े रास्ते फ्लायओवर की गर्डर लॉन्चिंग का अधिकांश कार्य पूरा हो चुका है, लेकिन इसके बावजूद सर्विस रोड का बड़ा हिस्सा अब भी बैरिकेड्स से घिरा हुआ है। यदि निर्माण एजेंसी समय पर सड़क सुधार कर बैरिकेड्स हटा देती तो यातायात के लिए अतिरिक्त जगह उपलब्ध हो सकती थी और जाम की समस्या काफी हद तक कम हो जाती। स्थिति यह है कि विजयनगर से देवास नाका की ओर जाने वाले संकरे मार्ग पर दुकानदारों द्वारा सड़क किनारे पार्किंग कराए जाने से यातायात और अधिक प्रभावित हो रहा है। अधिकारियों के दावे और जमीनी हकीकत में फर्क एमपीआरडीसी अधिकारियों ने अप्रैल माह में बारिश से पहले सर्विस रोड को कांक्रीट से डेवलप कर मार्ग चौड़ा करने के निर्देश निर्माण एजेंसी को दिए थे। साथ ही सड़क की मरम्मत का दावा भी किया गया था। हालांकि मौके की स्थिति इन दावों की पोल खोल रही है। न तो सर्विस रोड का कार्य पूरा हुआ और न ही क्षतिग्रस्त सड़कों की प्रभावी मरम्मत की गई। 60% काम अब भी बाकी 15 मार्च 2024 को शुरू हुए इस महत्वाकांक्षी फ्लायओवर प्रोजेक्ट की लागत 62 करोड़ रुपए है। मार्च 2026 तक इसे पूरा करने का लक्ष्य रखा गया था, लेकिन वर्तमान में करीब 60% काम अभी भी अधूरा है। ऐसे में शहरवासियों को आशंका है कि परियोजना के पूरा होने में अभी और लंबा समय लग सकता है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:16 pm

सिंधी डायस्पोरा:पूरे विश्व मे फैले हुए लोग,पर डीएनए एक:5000 साल पुरानी सिंधु घाटी से जुड़ी विरासत,BHU के वैज्ञानिकों के शोध में हुआ खुलासा

भारत-विभाजन ने सिंधी समुदाय को भौगोलिक रूप से दो देशों में बांट दिया, लेकिन उनकी साझा आनुवंशिक विरासत आज भी उन्हें एक सूत्र में बांधे हुए है। काशी हिंदू विश्वविद्यालय और गुजरात विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों द्वारा किए गए एक व्यापक जीनोमिक अध्ययन में यह सामने आया है कि भारत और पाकिस्तान में बसे सिंधी समुदाय न केवल सांस्कृतिक और भाषाई रूप से, बल्कि अपने जीनोम में भी गहराई से जुड़े हुए हैं। अध्ययन में यह भी संकेत मिला है कि आधुनिक सिंधियों की आनुवंशिक विरासत का एक बड़ा हिस्सा प्राचीन सिंधु घाटी क्षेत्र की आबादी से जुड़ता है। 113 सिंधी व्यक्तियों के जीनोम का विश्लेषण यह महत्वपूर्ण शोध बीएचयू के ज्ञान लैब की वैज्ञानिक चंचल देवनानी, जीन विज्ञानी प्रोफेसर ज्ञानेश्वर चौबे, गुजरात विश्वविद्यालय की डॉ. खुशबू गौतम और प्रोफेसर राकेश रावल के संयुक्त प्रयास से पूरा हुआ। इसके निष्कर्ष अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक पत्रिका ह्यूमन जेनेटिक्स में प्रकाशित हुए हैं। शोधकर्ताओं ने भारत के विभिन्न राज्यों में रहने वाले 113 सिंधी व्यक्तियों के जीनोम का विश्लेषण किया। इस दौरान करीब 7.30 लाख डीएनए मार्करों का अध्ययन किया गया और उनकी तुलना दो हजार से अधिक अन्य व्यक्तियों के आनुवंशिक आंकड़ों से की गई। आधुनिक सिंधियों के डीएनए की तुलना प्राचीन आनुवंशिक नमूनों से भी की गई, ताकि उनकी वंशावली और आनुवंशिक निरंतरता को समझा जा सके। 60 से 66 प्रतिशत हिस्सा उन प्राचीन आबादियों से संबंधित आनुवंशिक घटकों से जुड़ा है अध्ययन के अनुसार भारत और पाकिस्तान में बसे सिंधी समुदाय के जीनोम में उल्लेखनीय समानता पाई गई। शोधकर्ताओं का अनुमान है कि आधुनिक सिंधियों के जीनोम का लगभग 60 से 66 प्रतिशत हिस्सा उन प्राचीन आबादियों से संबंधित आनुवंशिक घटकों से जुड़ा है, जो सिंधु घाटी क्षेत्र में निवास करती थीं। वैज्ञानिकों का मानना है कि यह आनुवंशिक मिश्रण लगभग 2500 से 2900 वर्ष पहले स्थापित हो चुका था। शोधकर्ताओं ने स्पष्ट किया कि इसका अर्थ यह नहीं है कि आधुनिक सिंधियों का डीएनए हजारों वर्षों से अपरिवर्तित बना हुआ है। मानव आबादियों में समय-समय पर आनुवंशिक मिश्रण होता रहा है। अध्ययन केवल यह दर्शाता है कि आधुनिक सिंधी समुदाय में आज भी प्राचीन सिंधु क्षेत्र से जुड़ी आनुवंशिक विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा मौजूद है। 7 अलग अलग राज्यों में पहुंचे शोधार्थी शोध में राजस्थान, गुजरात, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश और तेलंगाना में बसे सिंधियों का अलग-अलग विश्लेषण किया गया। परिणामों से पता चला कि विभिन्न राज्यों में रहने के बावजूद उनकी मूल आनुवंशिक संरचना लगभग समान बनी हुई है। इससे संकेत मिलता है कि विभाजन के बाद भौगोलिक दूरी बढ़ने के बावजूद उनकी साझा आनुवंशिक विरासत पर सीमित प्रभाव पड़ा। अध्ययन में भारत और पाकिस्तान के सिंधी समुदायों के बीच विवाह संबंधी परंपराओं का भी विश्लेषण किया गया। वैज्ञानिकों ने पाया कि पाकिस्तानी सिंधियों में रिश्तेदारी के भीतर विवाह (इनब्रीडिंग) के आनुवंशिक संकेत अपेक्षाकृत अधिक मिले। इसके विपरीत भारत में बसे सिंधियों में यह स्तर कम पाया गया। शोधकर्ताओं के अनुसार इसका कारण विभाजन के बाद अलग-अलग राज्यों में बसना और विभिन्न सिंधी उपसमुदायों के बीच विवाह होना है, जिससे आनुवंशिक विविधता बढ़ी। अब जानिए वैज्ञानिकों ने क्या कहा शोध की प्रथम लेखिका चंचल देवनानी ने कहा कि सिंधी डायस्पोरा पर यह पहला व्यापक जीनोम-वाइड अध्ययन है। इससे यह स्पष्ट हुआ है कि भारत और पाकिस्तान में बसे सिंधी समुदाय आज भी साझा आनुवंशिक विरासत से जुड़े हुए हैं। प्रमुख जीन वैज्ञानिक प्रोफेसर ज्ञानेश्वर चौबे ने कहा कि सिंधी समुदाय भी उन ऐतिहासिक डायस्पोरा समुदायों में शामिल है, जिनकी सांस्कृतिक और आनुवंशिक पहचान विस्थापन के बाद भी बनी रही। उनके अनुसार, विभाजन ने लोगों को अलग-अलग देशों में जरूर बांटा, लेकिन उनकी आनुवंशिक विरासत आज भी उनके साझा इतिहास की गवाही देती है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:13 pm

मेरठ की भोला झाल में युवक की डूबने से मौत:चार बच्चों का पिता दोस्तों संग नहाने गया था;

मेरठ के जानी थाना क्षेत्र की भोला झाल में रविवार शाम एक 25 वर्षीय युवक की डूबने से मौत हो गई। युवक की पहचान लिसाड़ी गेट के तारापुरी निवासी समीर पुत्र बाबू के रूप में हुई है। समीर अपने पीछे चार बच्चों को छोड़ गया है। समीर स्क्रैप का कारोबार करता था। रविवार शाम वह अपने कुछ दोस्तों के साथ जानी क्षेत्र स्थित भोला झाल में नहाने गया था। बताया जा रहा है कि नहाने से पहले सभी दोस्तों ने शराब पी थी। इसी दौरान समीर गहरे पानी में चला गया और डूबने लगा। दोस्तों ने उसे बचाने का प्रयास किया, लेकिन सफल नहीं हो सके। सूचना मिलने पर जानी थाना पुलिस मौके पर पहुंची। काफी मशक्कत के बाद पुलिस ने शव को बाहर निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस ने समीर के साथ मौजूद दोस्तों को हिरासत में लेकर पूछताछ भी की। सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद समीर का शव उसके घर पहुंचा। मृतक अपने पीछे पत्नी, एक बेटा और तीन बेटियों को छोड़ गया है। सबसे छोटी बेटी की उम्र महज दो महीने है। परिवार का इकलौता कमाने वाला सदस्य होने के कारण परिवार पर आर्थिक संकट आ गया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। प्रारंभिक जांच में नहाने के दौरान डूबने से मौत की बात सामने आई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। यह हादसा नहरों और झालों में लापरवाही से नहाने के खतरों को फिर से उजागर करता है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:13 pm

हाईकोर्ट बोला-बिना कारण 6 साल की देरी प्रताड़ना के समान:FIR और चार्जशीट खारिज, पुलिस प्रताड़ना के शिकार मीडियाकर्मी को बड़ी राहत

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रवींद्र कुमार अग्रवाल की डिवीजन बेंच ने कहा कि बिना किसी ठोस कारण के जांच और चार्जशीट में 6 साल से अधिक की देरी करना आरोपी को प्रताड़ित करने जैसा है। यह संविधान के आर्टिकल 21 के तहत मिलने वाले जल्द सुनवाई के अधिकार का सीधा उल्लंघन है। इस टिप्पणी के साथ ही डिवीजन बेंच ने मीडिया कर्मी के खिलाफ दर्ज एफआईआर और चार्जशीट को निरस्त कर दिया है। जानिए क्या है पूरा मामला ? बिलासपुर के सिरगिट्टी निवासी याचिकाकर्ता कैलाश यादव निजी चैनल में वीडियो जर्नलिस्ट का काम करता है। साल 2018 में पुलिसकर्मियों का आंदोलन चल रहा था। इस दौरान 20 जून 2018 को पुलिस अफसरों ने आंदोलनकारी पुलिसकर्मियों की पत्नी को महिला थाने में बैठा लिया था। उन्हें बिना वजह हिरासत में रखे जाने की खबर मिलने पर श्रिया अपनी टीम के साथ पड़ताल करने के लिए देर रात महिला थाना पहुंचा था। पुलिसकर्मियों ने किया मिसबिहेव, FIR भी दर्ज आरोप है कि जब उन्होंने पुलिस से इस मामले में जानकारी मांगी, तो पुलिसकर्मियों ने सहयोग करने के बजाय उनके साथ मिसबिहेव किया। बाद में पुलिस ने उनके खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा डालने (धारा 186, 353), मारपीट (धारा 323) और मिलीभगत (धारा 34) के तहत झूठा केस दर्ज कर दिया था। न्याय के लिए हाईकोर्ट में लगाई याचिका पुलिसिया कार्रवाई के खिलाफ कैलाश यादव ने हाईकोर्ट में याचिका लगाई गई थी। इस मामले की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने पाया कि घटना 2018 की है, जबकि पुलिस ने चार्जशीट नवंबर 2024 में पेश की। इस 6 साल की लंबी देरी का पुलिस विभाग के पास कोई संतोषजनक जवाब नहीं था। हाईकोर्ट बोला- याचिकाकर्ता के खिलाफ कोई सबूत नहीं सभी पक्षों को सुनने के बाद फैसले में हाईकोर्ट ने कहा कि केस डायरी और चार्जशीट देखने से साफ है कि पूरा मामला सिर्फ पुलिसकर्मियों और उनके जुड़े हुए गवाहों के बयानों पर टिका है, मौके पर कोई भी स्वतंत्र गवाह मौजूद नहीं था। बयानों में काफी विरोध है और याचिकाकर्ता के खिलाफ किसी भी अपराध का कोई सीधा सबूत नहीं मिला है। ऐसे में मामले को आगे बढ़ाना कानून का गलत इस्तेमाल माना जाएगा

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:13 pm

ललितपुर में आकाशीय बिजली से दो किसानों की मौत:18 घंटे बाद भी पंचनामा न होने पर परिजनों में आक्रोश

ललितपुर में रविवार शाम आकाशीय बिजली गिरने से एक महिला समेत दो किसानों की मौत हो गई। घटना के 18 घंटे बीत जाने के बाद भी सोमवार दोपहर 12:30 बजे तक पुलिस ने शवों का पंचनामा नहीं भरा, जिससे मृतकों के परिजनों में गहरा आक्रोश है। पहला मामला बानपुर थाना क्षेत्र के ग्राम पाह के मजरा हंसगा का है। यहां 55 वर्षीय किस्सू कुशवाहा पुत्र रामलाल रविवार शाम करीब 5 बजे खेत से दवा छिड़ककर घर लौट रहे थे। खेत की मेड़ पर पहुंचते ही उन पर बिजली गिर गई। परिजन उन्हें शाम 7 बजे मेडिकल कॉलेज ले गए, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। शव को मोर्चरी में रखवाकर कोतवाली पुलिस को सूचना दी गई थी। सूचना दिए जाने के 15 घंटे बाद भी सोमवार दोपहर 12 बजे तक पुलिसकर्मी पंचनामा भरने नहीं पहुंचे। हैरानी की बात यह है कि कोतवाली से मोर्चरी की दूरी मात्र 300 मीटर है। मृतक के परिजन सोमवार सुबह 8 बजे कोतवाली भी गए थे, जहां उन्हें 'अभी आ रहे हैं' कहकर टाल दिया गया। दूसरी घटना ग्राम अडवाहा के मजरा प्रतापपुरा में रविवार दोपहर 3:30 बजे हुई। यहां 43 वर्षीय पार्वती कुशवाहा पत्नी स्वर्गीय हरनारायण खेत पर चिरौल के पेड़ के नीचे बंधी भैंस को खोलने गई थीं। भैंस खोलते समय उन पर आकाशीय बिजली गिरी, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। परिजन शव को लेकर शाम 4 बजे ललितपुर मेडिकल कॉलेज पहुंचे। यहां भी शव को मोर्चरी में रखवाकर कोतवाली पुलिस को सूचना दी गई थी। हालांकि, 18 घंटे बीत जाने के बाद भी सोमवार दोपहर 12:30 बजे तक पंचनामा भरने के लिए कोई पुलिसकर्मी नहीं पहुंचा।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:12 pm

पंखा और प्लास्टर डॉक्टर औैर मरीज के उपर गिरा:सीनियर डॉक्टर का सिर फटा;मरीज के भी कई टांके ,रेफर,पीडब्लूडी को 10 महीने से पत्र लिख रही PMO

अलवर शहर के सेटेलाइट हॉस्पिटल में सोमवार सुबह बड़ा हादसा हो गया। अस्पताल के ओपीडी रूम नंबर-7 में मरीज देखते समय अचानक छत का मोटा प्लास्टर और पंखा भरभराकर नीचे गिर गया। हादसे में सीनियर डॉक्टर सीताराम अग्रवाल और जांच कराने आई एक महिला मरीज गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद अस्पताल में अफरा-तफरी मच गई। दोनों किसी तरह कमरे से बाहर निकले, जहां मौजूद डॉक्टरों और स्टाफ ने तत्काल प्राथमिक उपचार शुरू किया। घायल सीनियर डॉक्टर सीताराम अग्रवाल ने बताया कि सुबह करीब साढ़े 10 बजे वह एक महिला मरीज की जांच कर रहे थे। इसी दौरान अचानक छत से मोटा प्लास्टर और पंखा उनके ऊपर आ गिरा। उन्होंने बताया कि हादसे के बाद वह और मरीज बड़ी मुश्किल से कमरे से बाहर निकल पाए। डॉक्टर के सिर फट गया, जिसके कारण कई टांके लगाने पड़े। पीएमओ डॉ. प्रमीला मीणा ने बताया कि हादसे के समय 25 वर्षीय टीना नाम की महिला मरीज भी कमरे में मौजूद थी। वह थायरॉयड की जांच कराने आई थी। टीना मूल रूप से लक्ष्मणगढ़ की रहने वाली है और वर्तमान में कालाकुआं क्षेत्र में रहती है। हादसे में उसकी नाक पर गंभीर चोट आई, जहां तीन टांके लगे हैं। इसके अलावा उसके दाहिने हाथ और दाहिने पैर में भी गंभीर चोट आई है। प्राथमिक इलाज के बाद उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया, जबकि डॉक्टर सीताराम अग्रवाल का इलाज अस्पताल में ही जारी है। डॉ. प्रमीला मीणा ने बताया कि अस्पताल भवन की जर्जर स्थिति को लेकर पिछले करीब 10 महीनों से सार्वजनिक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) को लगातार पत्र लिखे जा रहे हैं। करीब चार महीने पहले मरम्मत कार्य के लिए लगभग 15.5 लाख रुपये की राशि भी स्वीकृत कराकर विभाग को भेज दी गई थी, लेकिन इसके बावजूद मरम्मत नहीं कराई गई। उनका कहना है कि समय रहते मरम्मत होती तो यह हादसा टाला जा सकता था। हादसे के बाद पीडब्ल्यूडी के अधिकारी मौके पर पहुंचकर भवन का निरीक्षण कर रहे हैं।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:12 pm

यूपी बोर्ड इंप्रूवमेंट-कंपार्टमेंट परीक्षा की तिथि घोषित:अम्बेडकरनगर में 28 जुलाई को बीएन इंटर कॉलेज में होंगी

उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (यूपी बोर्ड) ने साल 2026 की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की इंप्रूवमेंट और कंपार्टमेंट परीक्षाओं की तिथियां घोषित कर दी हैं। ये परीक्षाएं 28 जुलाई को निर्धारित परीक्षा केंद्र बीएन इंटर कॉलेज में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच आयोजित की जाएंगी। हाईस्कूल इंप्रूवमेंट एवं कंपार्टमेंट परीक्षा पहली पाली में सुबह 8:30 बजे से 11:45 बजे तक होगी। वहीं, इंटरमीडिएट कंपार्टमेंट परीक्षा दूसरी पाली में दोपहर 2:00 बजे से शाम 5:15 बजे तक आयोजित की जाएगी। जिला विद्यालय निरीक्षक कौस्तुभ कुमार सिंह ने बताया कि परीक्षा की सभी तैयारियां समय पर पूरी की जा रही हैं। परीक्षा केंद्र पर केवल परीक्षार्थियों, केंद्र व्यवस्थापक, शिक्षकों और शिक्षणेत्तर कर्मचारियों को ही प्रवेश मिलेगा। किसी भी बाहरी व्यक्ति के प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। परीक्षा शुरू होने से पहले और समाप्त होने के बाद केंद्र के बाहर अनावश्यक भीड़ जमा नहीं होने दी जाएगी। परीक्षा कक्षों में मोबाइल फोन, स्मार्ट वॉच और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण पूरी तरह प्रतिबंधित रहेंगे। सभी कमरों में वॉयस रिकॉर्डर युक्त सीसीटीवी कैमरे और राउटर सक्रिय रखे जाएंगे। प्रश्नपत्रों को मुख्य परीक्षा की तरह डबल लॉक वाली स्ट्रांग रूम अलमारी में सुरक्षित रखा जाएगा। प्रश्नपत्रों के पैकेट केंद्र व्यवस्थापक, बाह्य केंद्र व्यवस्थापक और स्टेटिक मजिस्ट्रेट की उपस्थिति में सीसीटीवी निगरानी के तहत ही खोले और वितरित किए जाएंगे। यूपी बोर्ड ने सभी जिलों को परीक्षा संबंधी आवश्यक व्यवस्थाएं समय पर पूरी करने और परीक्षाओं को निष्पक्ष, शांतिपूर्ण तथा पारदर्शी ढंग से संपन्न कराने के निर्देश दिए हैं।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:11 pm

महापौर के पैर भी छुए, लेकिन सीवर लाइन नहीं मिली...:वार्ड 38 के पार्षद ने लगाए आरोप, कहा-उनकी फाइलें फाड़ दी जाती हैं

महापौर के पैर तक छुए, लेकिन सीवर लाइन नहीं मिली। मेरी फाइलें फाड़ दी जाती हैं…। यह आरोप वार्ड-38 जूही हमीरपुर रोड के भाजपा पार्षद हरि स्वरूप तिवारी का है। उनके घर के बाहर ही मैनहोल का गंदा पानी रास्ते पर बहता मिला और सड़क उखड़ी हुई दिखाई दी। बारादेवी मंदिर तक जाने वाले रास्तों पर कीचड़ फैला है। वार्ड की नालियां बजबजा रही हैं। पेयजल संकट है। सड़कें खराब हैं। जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हैं। पार्षद का कहना है कि वे लगातार समस्याओं के समाधान के लिए संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन उन्हें सहयोग नहीं मिल रहा। दैनिक भास्कर के कैमरे के सामने लोगों ने भी अपनी बात खुलकर रखी। कहा कि वर्षों से सीवर लाइन, नियमित जलापूर्ति और साफ-सफाई से जुड़ी बुनियादी समस्याओं का समाधान नहीं हो सका है। यह वार्ड आस्था का बड़ा केंद्र है। यहीं सिद्धपीठ बारादेवी मंदिर है, जहां हर दिन हजारों श्रद्धालु पहुंचते हैं। लेकिन मंदिर तक जाने वाला रास्ता भी कीचड़ से सना है। कोई सुनवाई नहीं हो रही। दैनिक भास्कर वार्ड परिक्रमा अभियान चला रहा है। इस कड़ी में वार्ड-38 का जायजा लिया गया... पार्षद के घर के बाहर ही सड़क पर मैनहोल का गंदा पानी बहता मिला। जलकल का पानी न आने से सार्वजनिक पानी की टंकी पर लोगों की भीड़ लगी रही। बारादेवी मंदिर के पीछे जाने वाले रास्तों पर कीचड़ और गंदगी का कब्जा नजर आया, जबकि लुधौरा समेत कई इलाकों में बजबजाती नालियां और टूटी सड़कें लोगों की परेशानी बढ़ाती दिखीं। पहले ये नजारा देखिए... पार्षद के घर के बाहर रास्ते पर बह रहा गंदा पानी वार्ड की सबसे खराब तस्वीर कछियाना मोहाल में सामने आई, जहां भाजपा पार्षद हरि स्वरूप तिवारी का निवास है। उनके घर के सामने ही मैनहोल का गंदा पानी सड़क पर बहता मिला, जबकि सड़क भी पूरी तरह उखड़ी हुई थी। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि पार्षद के घर के बाहर ही यह हाल है तो बाकी वार्ड की स्थिति और खराब होगी। आसपास रहने वाले लोगों ने बताया कि वर्षों से सड़क और नाले की समस्या बनी हुई है, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं हो सका है। बजबजाती नालियां और सीवर लाइन का इंतजार लक्ष्मणपुरवा, लुधौरा, नटवनटोला और बारादेवी मंदिर क्षेत्र में कई जगह नालियां गंदगी से भरी मिलीं। कई स्थानों पर नालियों का पानी सड़क पर बह रहा था और सड़कें भी जर्जर हालत में थीं। लोगों का कहना है कि वार्ड के कई हिस्सों में आज तक सीवर लाइन नहीं बिछी है। गंदे पानी की निकासी नालियों के भरोसे है, जिससे जलभराव और गंदगी की समस्या लगातार बनी रहती है। वार्ड की बड़ी समस्याएं सीवर लाइन का अभाव: कई मोहल्लों में आज भी सीवर लाइन नहीं है, जिससे गंदे पानी की निकासी प्रभावित रहती है। पेयजल संकट: जलकल की लाइन से नियमित पानी नहीं आता, लोग सार्वजनिक टंकियों और सबमर्सिबल पर निर्भर हैं। टूटी सड़कें और जलभराव: सड़कें उखड़ी हुई हैं और बरसात में कई स्थानों पर पानी भर जाता है। गंदगी और बजबजाती नालियां: नियमित सफाई नहीं होने से नालियां ओवरफ्लो रहती हैं और कूड़े के ढेर लगे रहते हैं। बारादेवी मंदिर परिसर की बदहाली: मंदिर के आसपास कीचड़, गंदगी और खराब रास्तों के कारण श्रद्धालुओं को परेशानी होती है। लोग बोले- पानी और सीवर व्यवस्था नहीं पप्पू बाजपेई ने बताया कि पार्षद के घर के सामने ही नाला बह रहा है और सड़क टूटी हुई है। उनका कहना है कि पार्षद खुद फंड न मिलने की बात कहते हैं। अन्नपूर्णा बाजपेई, अमित और वीरेंद्र कुमार तिवारी ने कहा कि वार्ड में पानी की भारी किल्लत है। कई-कई दिनों तक जलापूर्ति नहीं होती और लोगों को टंकियों या सबमर्सिबल के सहारे काम चलाना पड़ता है। श्रद्धालु और स्थानीय लोग दोनों परेशान धीरज और वीरेंद्र कुमार ने बताया कि नालियां हमेशा भरी रहती हैं, सफाई कर्मचारी नियमित नहीं आते और सीवर लाइन नहीं होने से बरसात में स्थिति और खराब हो जाती है। नागेंद्र कुमार मिश्रा ने बताया कि बारादेवी मंदिर के आसपास गंदगी और कीचड़ के कारण श्रद्धालुओं को भारी परेशानी होती है। भक्तों को नालियों और कीचड़ के बीच से होकर मंदिर पहुंचना पड़ता है। पप्पी पांडेय ने कहा कि पूरे इलाके का गंदा पानी नालियों में बहता है और नियमित सफाई नहीं होती। वहीं बृजेश कुमार गुप्ता ने घर के सामने लगे जर्जर बिजली के खंभे को भी बड़ा हादसे का खतरा बताया। जलकल की लाइन सूखी, टंकियों का सहारा वार्ड के कई हिस्सों में जलकल की पाइपलाइन से नियमित पानी नहीं पहुंच रहा है। लोग सार्वजनिक टंकियों से पानी भरने को मजबूर हैं। वार्ड परिक्रमा के दौरान महिलाएं और बच्चे बाल्टी, कैन और डिब्बे लेकर लाइन में खड़े दिखाई दिए। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई-कई दिनों तक पानी नहीं आता। पीने और घरेलू जरूरतों के लिए पानी खरीदना या सबमर्सिबल के सहारे काम चलाना पड़ रहा है। बारादेवी मंदिर के रास्ते में कीचड़ धार्मिक आस्था का केंद्र बारादेवी मंदिर भी बदहाल व्यवस्था से अछूता नहीं है। मंदिर के पीछे की गलियों में कीचड़ और गंदगी फैली मिली। श्रद्धालुओं को मंदिर तक पहुंचने के लिए गंदे और फिसलन भरे रास्तों से गुजरना पड़ता है। मंदिर परिसर के आसपास कई स्थानों पर कूड़े के ढेर और गंदगी दिखाई दी, जिससे स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं में नाराजगी है। समय पर नहीं उठता कूड़ा वार्डवासियों ने बताया कि नियमित सफाई नहीं होती और कूड़ा समय पर नहीं उठाया जाता। कई स्थानों पर लंबे समय तक कूड़े के ढेर पड़े रहते हैं, जिससे दुर्गंध और संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। लोगों का कहना है कि बरसात के दौरान हालात और ज्यादा खराब हो जाते हैं तथा नालियां ओवरफ्लो होने लगती हैं। ------------------ ये खबर भी पढ़िए… वार्ड-54 बाहर से पॉश, अंदर देखिए कैसे जी रहे लोग:आवास विकास विनायकपुर में करंट के खतरे से जूझ रहे बाशिंदे, बोले- पोल हटने चाहिए बाहर से पॉश दिखने वाला आवास विकास विनायकपुर वार्ड-54 अंदर से मुसीबतों से भरा है। पार्कों की बदहाली, गंदा पानी और करंट के खतरे से लोग परेशान हैं। मध्यम और उच्चवर्गीय आबादी वाले इस वार्ड में बिजली के तारों का मकड़जाल नजर आता है। पोल और तार घरों के छज्जों से सटकर निकले हैं। वार्डवासी घर के अंदर भी अपने बच्चों की चिंता में दिन-रात परेशान रहते हैं। पार्कों में भी करंट का खतरा है। यहां के मुख्य पार्क में चार ट्रांसफार्मर रखे हैं। दैनिक भास्कर के कैमरे के सामने क्षेत्रवासियों ने विकास के दावों की पोल खोल दी। पूरी खबर पढ़ें… ------------------ ये खबर भी पढ़िए… कानपुर के VIP वार्ड-42 से विकास लापता, बदहाली हर तरफ:सड़कों पर बड़े-बड़े गड्ढे, कूड़ा-कचरा; आनंदेश्वर मंदिर जाने में श्रद्धालुओं को होती दिक्कत कानपुर की मेयर प्रमिला पांडेय का निवास जिस वार्ड में है वहां भी विकास के दावे जमीन पर नहीं मिले। वार्ड-42 परमट 40 वर्षों से जलभराव की बीमारी झेल रहा है। लोगों ने बताया कि बारिश में सड़कें तालाब हो जाती हैं। पानी घरों और दुकानों में घुसता है। श्रद्धालुओं को गंदे पानी से होकर मंदिर तक पहुंचना पड़ता है। पढ़ें पूरी खबर…

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:11 pm

मिर्जापुर में झमाझम बारिश:किसान धान की रोपाई में जुटे, गर्मी से मिली राहत, शहर में जलभराव ने बढ़ाई मुसीबत

मिर्जापुर जिले में सोमवार सुबह तेज धूप और उमस के बाद अचानक मौसम बदल गया। दिन चढ़ने के साथ ही आसमान में घने बादल छा गए और कई क्षेत्रों में ठंडी हवाओं के साथ बारिश शुरू हो गई।इस बदलाव से लोगों को भीषण गर्मी और उमस से राहत मिली, वहीं किसानों में खुशी की लहर दौड़ गई। नगर क्षेत्र में हुई झमाझम बारिश से उमस भरी गर्मी से राहत मिली। हालांकि, जल निकासी के अभाव के कारण कुछ स्थानों पर लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। मड़िहान क्षेत्र में भी ठंडी हवाओं के बाद हल्की फुहारों के साथ अच्छी बारिश दर्ज की गई। इससे तापमान में गिरावट आई और मौसम सुहावना हो गया। पहाड़ी विकास खंड में लगभग आधे घंटे तक लगातार बारिश हुई। इस झमाझम बारिश से खेतों में पानी भर गया, जिससे खरीफ फसलों, विशेषकर धान की खेती को लाभ मिलने की उम्मीद बढ़ गई है। लंबे समय से बारिश का इंतजार कर रहे किसानों ने इसे खेती के लिए शुभ संकेत बताया। मझवा ब्लॉक में भी ठंडी हवाओं के साथ बारिश हुई, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिली। बारिश के कारण बाजारों और सड़कों पर लोगों की आवाजाही कुछ समय के लिए कम हो गई। राजगढ़ क्षेत्र में घने बादल छाए रहे और हल्की बूंदाबांदी के साथ ठंडी हवाएं चलती रहीं। मौसम अनुकूल होने के बाद किसान धान की रोपाई की तैयारियों में जुट गए हैं। कई किसान नर्सरी से धान के पौधे निकालकर खेतों में रोपाई का कार्य शुरू करते देखे गए। किसानों का मानना है कि यदि अगले कुछ दिनों तक इसी तरह बारिश होती रही तो धान की फसल को काफी लाभ मिलेगा। इस मौसमी बदलाव से पूरे जिले में गर्मी से राहत का माहौल है। मौसम विभाग के अनुसार, आगामी दिनों में भी बादल छाए रहने और कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। इससे खरीफ सीजन की खेती को और गति मिलने की उम्मीद है। दो और तस्वीरें देखें

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:10 pm

पलवल में दुकानदार ने दबाव में किया सुसाइड:नूंह के 7 लोगों पर केस दर्ज, झूठे केस में फंसाने का आरोप; सुसाइड नोट मिला

पलवल जिले में एक दुकानदार ने कथित तौर पर मानसिक दबाव और झूठे मुकदमे से परेशान होकर आत्महत्या कर ली। मृतक की जेब से 2 पेज का एक सुसाइड नोट भी मिला है, जिसमें उसने अपनी मौत के लिए कुछ लोगों को जिम्मेदार ठहराया है। पुलिस ने मृतक के पिता की शिकायत पर 7 नामजद आरोपियों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। बहीन थाना प्रभारी नरेंद्र कुमार के अनुसार, आलीमेव गांव निवासी वाजिद अली ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनका बेटा रिजवान नूंह जिले के नीमका गांव निवासी शकील की दुकान किराए पर लेकर वेल्डिंग का काम करता था। आरोप है कि आरोपी रिजवान से काम कराने के बाद पैसे नहीं देते थे और दुकान खाली करने की धमकी देते थे। धमकी देकर छेड़छाड़ का झूठा केस कराने के आरोप शिकायत के अनुसार, 30 जून को आरोपियों ने रिजवान के साथ मारपीट की और उसे जान से मारने की धमकी देते हुए दुकान का सामान बाहर फेंक दिया। इसके बाद आरोपियों ने रिजवान के खिलाफ एक नाबालिग लड़की से छेड़छाड़ का झूठा मुकदमा भी दर्ज करा दिया। वाजिद अली ने आरोप लगाया कि आरोपियों ने रिजवान को धमकी दी कि वे उसे दुकान से कोई सामान नहीं ले जाने देंगे। इन सब घटनाओं के कारण रिजवान मानसिक रूप से बेहद परेशान रहने लगा। आरोपियों ने कथित तौर पर रिजवान के साथ मारपीट भी की और उसे ब्लैकमेल कर पैसे ऐंठे। इन सब दबावों और प्रताड़ना से दुखी होकर रिजवान ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। बहीन थाना पुलिस ने इस संबंध में नूंह जिले के नीमका गांव निवासी क्यूम, वकील, हाकम, जुनैद, स्शीद, सहनाज और असरू के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने सहित अन्य धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पढ़िए… सुसाइड नोट में क्या लिखा… मैं रिजवान पुत्र वाजिद अली गांव आलीमेव, मेरी वेल्डिंग की दुकान है, नीमका गांव होडल-पुन्हाना रोड पर। मैं पिछले 8 महीने से वेल्डिंग का काम कर रहा हूं। नीमका गांव में, मेरा काम बहुत अच्छा चल रहा है। नीमका गांव के कुछ लोग जिनके नाम वकील, जुनैद, हाकम, हाथी और उसका लड़का था, ये एक ही परिवार के आदमी है। एक दिन इन्होंने मेरे पास अपना काम कराया था, जिसकी लागत 32 हजार रुपए बनती थी। लेकिन इन्होंने मुझे केवल 13 हजार रुपए ही दिए। मैने जब अपना पूरा पैसा मांगा तो मुझे धमकाया गया। उसके बाद मैने वहां के मौजिज आदमियों से बात की और सारी कहानी बताई, लेकिन एक दिन फिर परेशान किया और गांव से दुकान हटाने की धमकी दी और मुझ से पैसे मांगे। उसके बाद रोज-रोज उसे ब्लैकमेल करना, धमकाना और उसके सामान को फैंकने की धमकी देते है। मैने अपने घर वालो को बताया, उन्होने जब उनसे हाथ जोडकर विनती की, लेकिन वो बदमाशी करने से बाज नहीं आ रहे। मैं गरीब परिवार से हूं, जैसे-तैसे कर्जा लेकर के मेरे घर वालों ने मेरी दुकान खुलवायी। लेकिन नीमका गांव के ये लोग मुझे रोज-रोज ब्लैकमेल करके मेरा सारा पैसा ले लेते थे और जब मैने दुकान बदलने का इंतजाम किया तो उन्होंने मुझे पीटा और मेरी जेब से हमेशा खर्चा करवाते थे। इनकी ब्लैकमेलिंग से और टॉर्चर से अच्छा तो मैने मौत को चुना। जिसके जिम्मेदार ये लोग है, मेरी मौत के। सरकार से अपील है इनेक ऊपर कार्रवाई की जाए।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:08 pm

प्रतापगढ़ में डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती:भाजपा और भाजयुमो ने प्रतिमा पर अर्पित किए श्रद्धासुमन

प्रतापगढ़ में भारतीय जनसंघ के संस्थापक डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती रविवार, 6 जुलाई को मनाई गई। इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) ने चिलबिला स्थित उनकी प्रतिमा पर संयुक्त रूप से श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया। कार्यक्रम में भाजयुमो के जिला अध्यक्ष अंशुमान सिंह के नेतृत्व में भाजपा जिला अध्यक्ष आशीष श्रीवास्तव और सदर विधायक राजेंद्र मौर्य मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इन नेताओं ने डॉ. मुखर्जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर पुष्पांजलि अर्पित की और उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए। वक्ताओं ने डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के राष्ट्र के प्रति समर्पण, अखंड भारत के संकल्प और उनके आदर्शों को याद किया। उन्होंने कहा कि डॉ. मुखर्जी के सिद्धांत आज भी देशवासियों और कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणास्रोत हैं। इस अवसर पर भाजपा जिला महामंत्री नीतीश श्रीवास्तव, अविनाश सिंह, चंद्र प्रताप, शिव अग्रहरि, राहुल मौर्य, मनीष पांडेय सहित भाजपा और भाजयुमो के कई अन्य पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:08 pm

बिलासपुर में 80 चाकूबाज, गुंडे-बदमाशों की क्लास:आदतन अपराधियों-नशेड़ियों के ठिकानों पर छापेमारी, पुलिस की चेतावनी-सुधर जाओ, वरना होगी कड़ी कार्रवाई

बिलासपुर में चाकूबाजी, मारपीट, नशे और असामाजिक गतिविधियों पर नकेल कसने पुलिस ने रविवार को एक साथ छापेमारी की। इस दौरान 80 संदिग्ध एवं आदतन अपराधियों को हिरासत में लेकर उनका सत्यापन किया गया। जिसके बाद उन्हें पुलिस लाइन लाकर अपराध छोड़ने की सख्त नसीहत दी गई। अभियान के दौरान पुलिस टीमों ने निगरानी बदमाशों, गुंडा सूची में दर्ज व्यक्तियों, चाकूबाजी के आरोपियों सहित अन्य आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों के घरों पर पहुंचकर उनकी मौजूदगी, गतिविधियों और वर्तमान स्थिति का सत्यापन किया। कई लोगों से उनके भविष्य की गतिविधियों को लेकर पूछताछ की गई, वहीं पुराने मामलों की भी समीक्षा की गई। इसके बाद सभी चिन्हित लोगों को पुलिस लाइन लाया गया, जहां अधिकारियों ने उन्हें स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी कि यदि भविष्य में किसी भी प्रकार की आपराधिक गतिविधि में संलिप्त पाए गए तो उनके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस लाइन में लगी अपराध छोड़ने की क्लासअभियान का सबसे अलग पहलू यह रहा कि पुलिस ने केवल कानूनी कार्रवाई तक खुद को सीमित नहीं रखा, बल्कि अपराधियों और नशे के आदी लोगों की काउंसलिंग भी की। अधिकारियों ने उन्हें समझाया कि नशा और अपराध दोनों उनके परिवार और भविष्य को बर्बाद कर रहे हैं। पुलिस ने कहा कि यदि वे अपराध और नशे से दूर रहने का संकल्प लेते हैं तो पुलिस भी उन्हें मुख्यधारा में लौटने में हरसंभव सहयोग करेगी। साथ ही यह भी कहा गया कि यदि कहीं सूखा नशा, मादक पदार्थों का कारोबार या कोई व्यक्ति चाकू लेकर घूमता दिखाई दे तो उसकी तत्काल सूचना पुलिस को दें। आधा दर्जन धारदार हथियारों के साथ गिरफ्तारअभियान के दौरान पुलिस ने विभिन्न थाना क्षेत्रों से करीब आधा दर्जन लोगों को अवैध धारदार हथियारों के साथ गिरफ्तार किया। आरोपियों के कब्जे से चाकू एवं अन्य धारदार हथियार बरामद किए गए हैं। इनके खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत अलग-अलग प्रकरण दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई की गई है। इसके अलावा कई निगरानी बदमाशों और आदतन अपराधियों के खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई भी की गई, ताकि भविष्य में वे कानून-व्यवस्था के लिए खतरा न बन सकें। नहीं सुधरे तो अगला कदम होगा जिलाबदरपुलिस अधिकारियों ने अभियान के दौरान सभी चिन्हित बदमाशों और चाकूबाजों को स्पष्ट चेतावनी दी कि मारपीट, गुंडागर्दी, अवैध हथियार रखने, लोगों में दहशत फैलाने या किसी भी आपराधिक गतिविधि में दोबारा शामिल होने पर केवल एफआईआर ही नहीं, बल्कि जिलाबदर कार्रवाई और अन्य कठोर कानूनी प्रावधानों का भी इस्तेमाल किया जाएगा। यह विशेष अभियान एसएसपी रजनेश सिंह के निर्देशन में चलाया गया, जिसमें शहर के सभी थाना प्रभारियों, सीएसपी, एएसपी के साथ बड़ी संख्या में पुलिस बल ने एक साथ कार्रवाई की। रविवार की सुबह अचानक विभिन्न इलाकों में पुलिस वाहनों की आवाजाही और दबिश से अपराधियों में हड़कंप मच गया। एएसपी बोले- बदमाशों को दी चेतावनी, कुछ पर प्रतिबंधात्मक कार्रवाई एडिशनल एसपी सिटी पंकज पटेल ने बताया कि विशेष अभियान के दौरान करीब 80 संदिग्ध एवं आदतन अपराधियों का सत्यापन किया गया। जांच के बाद कई निगरानी बदमाशों और चाकूबाजों के खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई, जबकि कुछ लोगों को अवैध चाकू के साथ पकड़े जाने पर उनके विरुद्ध आर्म्स एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज किए गए। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक स्थानों पर हथियार लेकर घूमने वालों, नशे और गुंडागर्दी के जरिए दहशत फैलाने वाले तत्वों के खिलाफ आगे भी इसी तरह की सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:07 pm

बुलंदशहर में 3 गैंगस्टर भाइयों की संपत्ति कुर्क:7.4 करोड़ की अवैध संपत्ति जब्त, पत्नियों के नाम खरीदी थीं इमारतें

बुलंदशहर पुलिस ने रविवार रात तीन गैंगस्टर भाइयों की 7.4 करोड़ रुपये की अवैध संपत्ति कुर्क की। इन संपत्तियों को अपराधियों ने अपनी पत्नियों के नाम पर खरीदा था। यह कार्रवाई योगी सरकार की 'जीरो टॉलरेंस' नीति के तहत की गई है। जिलाधिकारी बुलंदशहर के आदेश और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) दिनेश कुमार सिंह के निर्देशन में यह कार्रवाई की गई। इसे थाना खुर्जा नगर और जहांगीरपुर पुलिस ने संयुक्त रूप से अंजाम दिया। पुलिस ने जहांगीरपुर थाने में दर्ज गैंगस्टर एक्ट के तहत गैंगस्टर अधिनियम की धारा 14(1) के अंतर्गत इन संपत्तियों को जब्त किया। जिन गैंगस्टर भाइयों की संपत्ति कुर्क की गई है, उनके नाम राहुल शर्मा, अभिलाष शर्मा और सचिन शर्मा हैं। ये तीनों नरेंद्र शर्मा के पुत्र हैं और मूल रूप से गौतमबुद्ध नगर के दनकौर थाना क्षेत्र स्थित ग्रीष्म विहार कॉलोनी, खेरली हफीजपुर के निवासी हैं। जब्त की गई संपत्तियों का कुल मूल्य 7.4 करोड़ रुपये है। इनमें तीन तीन मंजिला मकान, तीन आवासीय प्लॉट और एक व्यावसायिक दुकान शामिल हैं। अपराधियों ने कानून से बचने के लिए ये संपत्तियां अपनी पत्नियों के नाम पर खरीदी थीं। तीनों गैंगस्टर भाइयों का लंबा आपराधिक इतिहास रहा है। इन पर धोखाधड़ी, जालसाजी, गैंगस्टर एक्ट और हत्या के प्रयास जैसे दर्जनों गंभीर मामले विभिन्न थानों में दर्ज हैं। एसपी देहात अंतरिक्ष जैन ने बताया कि राहुल शर्मा के खिलाफ बुलंदशहर, गौतमबुद्धनगर, गाजियाबाद, मेरठ और मथुरा के थानों में 26 गंभीर मुकदमे दर्ज हैं। इनमें SC/ST एक्ट, धोखाधड़ी (धारा 420) और गैंगस्टर एक्ट के मामले शामिल हैं। अभिलाष शर्मा पर लूट, रंगदारी, धोखाधड़ी और गैंगस्टर एक्ट सहित कुल 19 मामले दर्ज हैं। वहीं, सचिन शर्मा के खिलाफ बलात्कार (धारा 376), धोखाधड़ी (धारा 420), जालसाजी और गैंगस्टर एक्ट के तहत कुल 19 मुकदमे दर्ज हैं।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:07 pm

HSSC देगा CET ग्रुप-डी के आवेदनों में सुधार का मौका:9 से 11 जुलाई तक खुलेगा करेक्शन पोर्टल, गूगल फार्म से मांगे सुझाव

हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (HSSC) द्वारा कॉमन एलिजिबिलिटी टेस्ट (CET) ग्रुप-डी के ऑनलाइन आवेदनों में करेक्शन (सुधार) का मौका दिया जाएगा। जिसके लिए करेक्शन पोर्टल दोबारा से खोला जाएगा। इस दौरान 2 दिन की अवधि में अभ्यार्थी अपने आवेदनों की जांच करके सुधार कर सकता हैं। इससे पहले अभ्यार्थियों से ऑनलाइन आवेदन मांगे गए हैं। इच्छुक अभ्यार्थियों को ऑनलाइन आवेदन के लिए 5 जुलाई रात 11 बजकर 59 मिनट तक का समय दिया गया। एचएसएससी चेयरमैन हिम्मत सिंह ने सोशल मीडिया पर जानकारी सांझा करते हुए कहा कि CET ग्रुप-D के अभ्यर्थियों के लिए 9 जुलाई से 11 जुलाई (रात्रि 11:59 बजे तक) करेक्शन पोर्टल खोला जाएगा। इस अवधि के दौरान अभ्यर्थी अपने आवेदन पत्र की पुनः सावधानीपूर्वक जांच कर लें। यदि किसी प्रकार की गलती हो, तो उसे समय रहते सुधार लें। उन्होंने कहा कि यदि करेक्शन पोर्टल से संबंधित कोई सुझाव हो, तो गूगल फार्म के माध्यम से भेज सकते हैं। हालांकि आयोग द्वारा पहले ही अभ्यार्थियों से कहा गया था कि वे अपने फार्म को स्वयं भरें, फॉर्म भरने के बाद अच्छे से जांच करके ही फाइनल सबमिट करें। ताकि किसी भी प्रकार की त्रुटी ना रहे। लेकिन जिन अभ्यार्थियों से किसी कारण से फार्म में गलती हो गई है, उनके लिए करेक्शन पोर्टल खोला जाएगा। 19 जून से शुरू हुए थे आवेदनसीईटी ग्रुप-डी भर्ती के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया 19 जून से शुरू हुई थी। जिसमें अभ्यार्थियों को पहले 3 जुलाई तक आवेदन करने का समय दिया और बाद में 2 दिन अतिरिक्त मौका देते हुए 5 जुलाई तक ऑनलाइन आवेदन करने का विकल्प दिया गया।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:06 pm

रायपुर में PHE ठेकेदारों ने बरसते पानी में किया प्रदर्शन...VIDEO:भुगतान नहीं होने से नाराज, बोले- कर्मचारियों को वेतन देना मुश्किल; अफसरों के खिलाफ नारेबाजी की

राजधानी रायपुर में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (PHE) विभाग के मुख्यालय नीर भवन के बाहर सोमवार को ठेकेदारों ने लंबित भुगतान को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। ठेकेदारों ने विभागीय अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आरोप लगाया कि उनके कामों का भुगतान अटका हुआ है। इससे वे गंभीर आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं और कर्मचारियों को समय पर वेतन तक नहीं दे पा रहे हैं। प्रदर्शन में शामिल ठेकेदारों ने कहा कि उन्होंने विभाग के लिए ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में पेयजल योजनाओं समेत कई विकास कार्य समय पर पूरे किए हैं। इसके बावजूद विभाग की ओर से उनके बिलों का भुगतान नहीं किया जा रहा। कई बार अधिकारियों से मुलाकात और लिखित आवेदन देने के बाद भी केवल आश्वासन मिल रहा है, लेकिन भुगतान की प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ रही। आर्थिक तंगी से परेशान ठेकेदारों का कहना है कि भुगतान नहीं मिलने से बैंक की किस्तें, मशीनों का किराया, निर्माण सामग्री आपूर्तिकर्ताओं का बकाया और मजदूरों की मजदूरी देना मुश्किल हो गया है। छोटे और मध्यम स्तर के कई ठेकेदार आर्थिक तंगी के कारण नए काम लेने की स्थिति में भी नहीं हैं। पुलिस ने रूट किया डायवर्ट पीएचई के बाहर प्रदर्शन होने के कारण सुभाष स्टेडियम से कटोरा तालब जाने वाले रास्ते का पुलिस ने रूट डायवर्ट किया है। पुलिस ने रूट डायवर्ट की एडवायजरी रविवार शाम को ही जारी कर दी थी। यातायात व्यवस्था बदहाल ना हो, इसलिए अफसरों ने अतिरिक्त बल लगाया है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:05 pm

कानपुर देहात में पड़ोसियों ने महिला से की मारपीट:घर में जबरन घुसा, पुलिस ने दर्ज की एनसीआर

कानपुर देहात के सिकंदरा थाना क्षेत्र में पड़ोसियों के बीच हुए विवाद में एक महिला से मारपीट का मामला सामने आया है। इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। पीड़ित महिला ने पड़ोसियों पर घर में घुसकर गाली-गलौज और मारपीट करने का आरोप लगाया है। सिकंदरा थाना क्षेत्र के रोहनी डेरा निवासी सपना देवी, पत्नी राजू सिंह नायक, ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि यह घटना 4 जुलाई की सुबह करीब 8 बजे हुई। उनका आरोप है कि पड़ोसी भूरा और पुनीत नशे की हालत में उनके घर के बाहर पहुंचे और अभद्र भाषा का प्रयोग करने लगे। महिला ने जब आरोपियों को वहां से जाने और गाली-गलौज बंद करने को कहा, तो उन्होंने सपना देवी के साथ मारपीट शुरू कर दी। आरोप है कि इसी दौरान एक आरोपी ने किसी भारी वस्तु से उनके सिर पर हमला कर दिया, जिससे वह घायल हो गईं। बीच-बचाव करने आईं परिवार की अन्य महिला के साथ भी धक्का-मुक्की और मारपीट की गई। पीड़िता ने पुलिस से आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कड़ी कार्रवाई करने और अपने परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की इस संबंध में सिकंदरा थाना प्रभारी जनार्दन प्रताप सिंह ने बताया कि मामले में एनसीआर (गैर-संज्ञेय रिपोर्ट) दर्ज कर ली गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:05 pm

टीकमगढ़ के होटल में एग्जॉस्ट हटाकर 1.40 लाख की चोरी:किचन के रास्ते घुसा बदमाश, गल्ले से नकदी लेकर भागा; CCTV में कैद हुई वारदात

टीकमगढ़ शहर के पुराने बस स्टैंड स्थित महाराजा होटल में रविवार देर रात चोरी की एक बड़ी वारदात सामने आई है। एक अज्ञात चोर ने होटल के किचन की दीवार में लगा एग्जॉस्ट (वेंटिलेशन) हटाकर अंदर घुसा और गल्ले में रखी करीब 1 लाख 40 हजार रुपए की नकदी लेकर फरार हो गया। पूरी वारदात होटल में लगे सीसीटीवी में कैद हो गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। सुबह कर्मचारियों को चोरी का पता चला सोमवार सुबह जब होटल के कर्मचारी काम पर पहुंचे, तब उन्हें इस चोरी की जानकारी मिली। कर्मचारियों ने तुरंत इसकी सूचना होटल मालिक शिवम जैन को दी। होटल मालिक ने बताया कि सुबह करीब 9 बजे जब वे होटल पहुंचे, तो किचन की दीवार पर लगा एग्जॉस्ट टूटा हुआ था और काउंटर के गल्ले से नकदी गायब थी। सीसीटीवी कैमरे में कैद हुआ आरोपी होटल में लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज में आरोपी चोरी करता हुआ साफ नजर आ रहा है। फुटेज में दिख रहा है कि आरोपी ने पकड़े जाने के डर से अपने चेहरे पर कपड़ा बांध रखा था। वह एग्जॉस्ट वाले रास्ते से होटल के अंदर दाखिल हुआ और गल्ले को साफ कर उसी रास्ते से बाहर भाग निकला। कर्मचारियों से पूछताछ कर रही पुलिस घटना की सूचना मिलते ही कोतवाली थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना करने के साथ ही होटल संचालक और वहां काम करने वाले कर्मचारियों से पूछताछ की है। पुलिस ने होटल मालिक की शिकायत और सीसीटीवी फुटेज को कब्जे में लेकर मामला दर्ज कर लिया है। आरोपी की पहचान के लिए आसपास के इलाकों में लगे अन्य कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:02 pm

पति के अवैध संबंध का विरोध करने पर मारपीट:बांदा में महिला ने एसपी से शिकायत की, गर्दन काटकर मारने की धमकी दी

बांदा के फूटाकुआं मोहल्ले की एक विवाहिता ने सोमवार सुबह पुलिस अधीक्षक से शिकायत की। महिला ने अपने पति और ससुराल पक्ष पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़िता सोनी राजपूत का कहना है कि वह पिछले करीब 18 सालों से लगातार घरेलू हिंसा, मानसिक उत्पीड़न और जान से मारने की धमकियों का सामना कर रही है। उसने न्याय की गुहार लगाते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई और अपनी सुरक्षा की मांग की है। पीड़िता के अनुसार, उसके पति का दूसरी महिला से संबंध है। जब भी वह इसका विरोध करती है, उसके साथ बेरहमी से मारपीट की जाती है। उसने आरोप लगाया कि हाल ही में पति ने पूरी रात उसके साथ मारपीट की और हंसिया से गर्दन काटकर जान से मारने की धमकी दी। भयभीत होकर वह अपने बच्चे को लेकर घर से भागी, लेकिन रास्ते में भी कथित तौर पर उसके साथ मारपीट की गई। पीड़िता का यह भी आरोप है कि उसे बचाने पहुंचे उसके मायके पक्ष के लोगों के साथ भी मारपीट की गई, जिसमें उसकी मामी और भाई को चोटें आईं। पीड़िता का कहना है कि उसके सास-ससुर भी पति का साथ देते हैं और शिकायत करने पर उसे धमकाते हैं। उसने यह भी आरोप लगाया कि पति खुलेआम दूसरी महिला को घर बुलाता है और विरोध करने पर उसे प्रताड़ित करता है। पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक को दिए गए ज्ञापन में अपनी और अपने बच्चे की सुरक्षा की मांग करते हुए आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की अपील की है। उसने आशंका जताई है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो उसके साथ कोई भी अप्रिय घटना हो सकती है। वहीं, इस पूरे मामले में पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल ने बताया कि मारपीट की शिकायत संज्ञान में आई है। मामले की जांच के लिए शहर कोतवाली पुलिस को निर्देश दे दिए गए हैं।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:00 pm

इंदौर- पेंशन कार्ड बनवाने के नाम पर बुजुर्ग से ठगी:एक छात्रा से भी 1.76 लाख की ठगी, इंस्टाग्राम पर विज्ञापन देखा था

इंदौर में साइबर ठगी के तीन अलग-अलग मामले सामने आए हैं। ठगों ने पेंशन कार्ड बनवाने, मोबाइल हैक करने और सस्ती बाइक दिलाने का झांसा देकर तीन लोगों से कुल 4.57 लाख रुपए से अधिक की ठगी कर ली। तीनों मामलों में लसूडिया पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पेंशन कार्ड के नाम पर बुजुर्ग से 1.39 लाख की ठगी लसूडिया थाना क्षेत्र की सेटेलाइट टाउनशिप निवासी 75 वर्षीय अखिलेश गायकवाड़ के पास 15 जून की शाम एक व्यक्ति ने खुद को बैंक ऑफ इंडिया का अधिकारी बताते हुए फोन किया। उसने पेंशनधारकों के लिए पेंशन कार्ड जारी करने की बात कही। चूंकि अखिलेश पहले इस कार्ड के लिए आवेदन कर चुके थे, इसलिए उन्होंने कॉल करने वाले पर भरोसा कर लिया। आरोपी ने बैंक खाते, एटीएम कार्ड और अन्य व्यक्तिगत जानकारी लेने के साथ ऑनलाइन फोटो भी लिया। इसके बाद बुजुर्ग का मोबाइल उसके नियंत्रण में चला गया। कुछ देर बाद उनके खाते से तीन अलग-अलग ट्रांजेक्शन के जरिए करीब 1.39 लाख रुपए निकाल लिए गए। घटना की जानकारी मिलते ही उन्होंने साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई। मोबाइल हैक कर खाते से उड़ाए 1.42 लाख रुपए एक अन्य मामले में स्लाइस-सी सेक्टर निवासी गोपाल वाकड़े के साथ साइबर ठगी हुई। 17 जून को उनका मोबाइल अचानक बंद हो गया। मोबाइल चालू करने पर उन्हें खाते से 44 हजार रुपए निकलने का पता चला। जब वह बैंक पहुंचे तो जानकारी मिली कि उनके खाते से 98 हजार रुपए का एक और ट्रांजेक्शन किया जा चुका है। इस तरह कुल करीब 1.42 लाख रुपए की ठगी हुई। गोपाल ने साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत की, जिसके बाद रविवार को लसूडिया पुलिस ने मामला दर्ज किया। विज्ञापन देख छात्रा से 1.76 लाख की ठगी इधर, एक छात्रा के साथ ऑनलाइन ठगी का मामला सामने आया है। छात्रा ने इंस्टाग्राम पर दोपहिया वाहन खरीदने का एक विज्ञापन देखा, जिसके जरिए ठगों ने उससे करीब 1.76 लाख रुपए की ठगी कर ली। पुलिस के मुताबिक, पूजा झमेले राजाबाग कॉलोनी में किराये से रहती है और मूल रूप से गंधवानी की रहने वाली है। 14 जून को उसने इंस्टाग्राम पर दोपहिया वाहन का एक ऑनलाइन विज्ञापन देखा, जिसमें 25 हजार रुपए में गाड़ी देने का दावा किया गया था। विज्ञापन में दिए गए नंबर पर संपर्क करने पर आरोपी ने बुकिंग के लिए 2 हजार रुपए जमा कराने को कहा। उसने बताया कि गाड़ी बाहर से ट्रांसपोर्ट के जरिए आएगी और डिलीवरी चार्ज नहीं लगेगा। इसके बाद आरोपी ने गाड़ी की फोटो भेजी और 11,500 रुपए ट्रांसपोर्ट चार्ज के नाम पर मांगे। इसके बाद आरोपियों ने अलग-अलग बहाने बनाकर छात्रा से कई बार पैसे ट्रांसफर करवाए। इस तरह पूजा के खाते से कुल करीब 1.76 लाख रुपए आरोपियों के खातों में ट्रांसफर करा लिए गए। जब काफी समय तक गाड़ी की डिलीवरी नहीं हुई, तब छात्रा को ठगी का एहसास हुआ। इसके बाद उसने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 1:00 pm

अयोध्या में वाहन टैक्स नहीं भरा तो होगी राजस्व वसूली:2818 वाहन मालिकों को नोटिस, आरटीओ प्रशासन बोले- आरसी जारी होगी

अयोध्या में 20 हजार रुपए से अधिक वाहन कर बकाया रखने वाले वाहन स्वामियों के खिलाफ परिवहन विभाग ने सख्त कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है। विभाग ने ऐसे 2818 वाहनों की सूची तैयार कर ली है और संबंधित वाहन स्वामियों को नोटिस जारी कर दी गई है। यदि नोटिस मिलने के 15 दिन के भीतर बकाया कर जमा नहीं किया गया तो उनके खिलाफ राजस्व वसूली प्रमाणपत्र (आरसी) जारी कर वसूली की कार्रवाई शुरू की जाएगी। यह जानकारी सोमवार, 6 जुलाई को सुबह 11 बजे सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन) डॉ. आर.पी. सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि शासन स्तर से राजस्व वसूली को लेकर सख्त निर्देश मिलने के बाद विभाग ने बकायेदारों की पहचान का अभियान तेज कर दिया है। पिछले एक सप्ताह से कर बकायेदार वाहनों का सत्यापन कर सूची तैयार की गई और कर्मचारियों की टीम लगाकर नोटिस भेजने की प्रक्रिया पूरी की गई। डॉ. सिंह के अनुसार, बकायेदार वाहनों में यात्री वाहन तथा विभिन्न प्रकार के व्यवसायिक वाहन शामिल हैं। कई वाहन स्वामियों ने लंबे समय से वाहन कर जमा नहीं किया है। ऐसे मामलों में विभाग को लगातार कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है, क्योंकि कई वाहन स्वामियों के पते बदल चुके हैं या उनसे संपर्क नहीं हो पा रहा है। पहले भेजी गई कई नोटिस भी वापस लौट आई थीं। उन्होंने बताया कि ऐसे सभी मामलों में इस बार पुनः नोटिस भेजी गई है ताकि वाहन स्वामियों को अंतिम अवसर दिया जा सके। विभाग का उद्देश्य पहले स्वैच्छिक रूप से कर जमा कराना है, लेकिन निर्धारित समय सीमा के भीतर बकाया जमा नहीं होने पर राजस्व वसूली की कानूनी प्रक्रिया शुरू की जाएगी। सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी ने वाहन स्वामियों से अपील की है कि वे 15 दिन की समय सीमा के भीतर अपना बकाया वाहन कर जमा कर दें, जिससे आरसी जारी होने जैसी कार्रवाई से बचा जा सके। उन्होंने स्पष्ट किया कि नोटिस अवधि समाप्त होने के बाद किसी भी बकायेदार के खिलाफ नियमानुसार वसूली पत्र जारी कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:59 pm

युवक ने रेजर से गले और पेट पर किए वार:शराब के नशे में खुद को किया घायल, अस्पताल में इलाज जारी

झालावाड़ जिले के बकानी थाना क्षेत्र के कुशलपुरा गांव में रविवार रात एक युवक ने कथित तौर पर शराब के नशे में रेजर से अपने गले और पेट पर कई वार कर खुद को गंभीर रूप से घायल कर लिया। खून से लथपथ हालत में वह अपनी बुआ के घर पहुंचा, जहां परिजनों की नजर पड़ने पर उसे पहले बकानी के सरकारी अस्पताल और बाद में गंभीर हालत में जिला अस्पताल रेफर किया गया। पुलिस ने मामले की सूचना मिलने के बाद जांच शुरू कर दी है और घटना के कारणों का पता लगाया जा रहा है। नशे में खुद को किया घायल प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, कुशलपुरा निवासी दयानंद पुत्र मांगीलाल तंवर ने शराब के नशे में अपने गले और पेट पर रेजर से कई बार वार किए। घटना के बाद वह अपनी बुआ के घर पहुंच गया। परिजनों ने देखा तो मच गई अफरा-तफरी रात करीब 8 बजे जब दयानंद सो रहा था, तब उसकी बुआ के बेटे ने उसके शरीर से खून बहता देखा। यह देखकर परिवार में अफरा-तफरी मच गई। परिजन तत्काल उसे बकानी के सरकारी अस्पताल लेकर पहुंचे। गंभीर हालत में जिला अस्पताल रेफर बकानी अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे झालावाड़ के जिला अस्पताल रेफर कर दिया। वहां डॉक्टरों की निगरानी में उसका उपचार जारी है और उसकी हालत पर लगातार नजर रखी जा रही है। पुलिस कर रही कारणों की जांच अस्पताल सूत्रों के अनुसार, घटना की सूचना संबंधित पुलिस थाने को दे दी गई है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि युवक ने यह कदम किन परिस्थितियों में या किस वजह से उठाया। पुलिस अस्पताल पहुंचकर युवक और उसके परिजनों के बयान दर्ज करेगी। जांच पूरी होने के बाद ही घटना के वास्तविक कारण सामने आ सकेंगे।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:58 pm

निवाड़ी को मिली रीवा के लिए सीधी रेल सेवा:8 जुलाई से ग्वालियर-चित्रकूट-रीवा स्पेशल ट्रेन, 25 नवंबर तक मिलेगी सुविधा

निवाड़ी जिले के लोगों को रीवा के लिए सीधी रेल सेवा की लंबे समय से चली आ रही मांग पूरी हो गई है। भारतीय रेल ने ग्वालियर-चित्रकूट-रीवा विशेष रेलगाड़ी के संचालन को मंजूरी दे दी है। इस ट्रेन के शुरू होने से निवाड़ी को पहली बार रीवा से सीधा रेल संपर्क मिलेगा। स्थानीय लोगों ने इस उपलब्धि का श्रेय क्षेत्रीय सांसद एवं केंद्रीय मंत्री वीरेंद्र कुमार के प्रयासों को दिया है। उत्तर मध्य रेलवे के झांसी मंडल के अनुसार, गाड़ी संख्या 04191/04192 का संचालन 8 जुलाई से 25 नवंबर तक प्रत्येक बुधवार को दोनों दिशाओं में होगा। यह ट्रेन निवाड़ी रेलवे स्टेशन पर दो मिनट रुकेगी, जिससे यात्रियों को ग्वालियर, चित्रकूट और रीवा के लिए सीधी यात्रा की सुविधा मिलेगी। हालांकि, 22 जुलाई को दोनों दिशाओं में इस ट्रेन का संचालन नहीं किया जाएगा। समय-सारिणी के अनुसार, गाड़ी संख्या 04191 सुबह 7:40 बजे ग्वालियर से रवाना होगी। यह 9:49 बजे निवाड़ी पहुंचेगी और शाम 7:40 बजे रीवा पहुंचेगी। वापसी में, गाड़ी संख्या 04192 रात 9:00 बजे रीवा से चलकर अगले दिन सुबह 5:23 बजे निवाड़ी पहुंचेगी और सुबह 9:40 बजे ग्वालियर पहुंचेगी। हालांकि, ग्वालियर-रीवा स्पेशल ट्रेन का ओरछा स्टेशन पर ठहराव न होने से स्थानीय नागरिकों और पर्यटन व्यवसाय से जुड़े लोगों में नाराजगी है। उनका कहना है कि विश्व प्रसिद्ध धार्मिक एवं पर्यटन नगरी ओरछा में ट्रेन का स्टॉपेज होने से श्रद्धालुओं और पर्यटकों को बड़ी सुविधा मिलेगी। उन्होंने रेलवे प्रशासन से इस मांग पर सकारात्मक निर्णय लेने की अपील की है। इस बीच, ललितपुर रेलवे स्टेशन पर तीसरी रेल लाइन और यार्ड मॉडलिंग के निर्माण कार्य के कारण 14 से 19 जुलाई तक 22129 तुलसी एक्सप्रेस बदले हुए मार्ग से संचालित होगी। इस अवधि में यह ट्रेन निवाड़ी सहित अपने नियमित मार्ग के स्टेशनों पर नहीं आएगी। इसके अतिरिक्त, 22163/22164 भोपाल-खजुराहो महामना एक्सप्रेस का संचालन 16 से 20 जुलाई तक निरस्त रहेगा। रेलवे ने यात्रियों को यात्रा से पहले ट्रेनों की अद्यतन स्थिति की जानकारी लेने की सलाह दी है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:57 pm

वीएमओयू में जुलाई सत्र के लिए प्रवेश प्रक्रिया शुरू:डीईबी आईडी से 31 तक कर सकते है ऑनलाइन आवेदन

वर्धमान महावीर खुला विश्वविद्यालय (वीएमओयू), कोटा ने जुलाई 2026 सत्र के लिए ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया शुरू कर दी है। विभिन्न स्नातक, स्नातकोत्तर, डिप्लोमा और प्रमाण-पत्र पाठ्यक्रमों के लिए आवेदन की अंतिम तिथि 31 जुलाई निर्धारित की गई है। बांगड़ कॉलेज डीडवाना स्थित अध्ययन केंद्र की मुख्य समन्वयक डॉ. मनीषा गोदारा ने बताया कि इच्छुक अभ्यर्थी एबीसी आईडी के माध्यम से बनी डीईबी आईडी से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। उन्होंने आवेदकों को सलाह दी कि वे आवेदन से पहले अपनी डीईबी आईडी में दर्ज नाम, माता-पिता का नाम, जन्म तिथि, मोबाइल नंबर और ई-मेल आईडी का शैक्षणिक दस्तावेजों से मिलान अवश्य कर लें। ज्योतिष और मनरेगा सर्टिफिकेट कोर्स भी है उपलब्धविश्वविद्यालय कई स्नातक पाठ्यक्रम जैसे बीए, बीएससी, बीजे और बीएलआईएस प्रदान करता है। स्नातकोत्तर स्तर पर अर्थशास्त्र, राजनीति विज्ञान, पुलिस प्रशासन, हिंदी, इतिहास, अंग्रेजी, संस्कृत, शिक्षा, राजस्थानी, समाजशास्त्र, भूगोल, एमकॉम, एमबीए और एमएससी (गणित एवं कंप्यूटर विज्ञान) जैसे पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं।इसके अलावा योग, मास कम्युनिकेशन, पुस्तकालय एवं सूचना विज्ञान, पर्यटन, जलग्रहण प्रबंधन और कंप्यूटर अकाउंटिंग एंड मैनेजमेंट जैसे डिप्लोमा पाठ्यक्रम भी संचालित किए जा रहे हैं। फलित ज्योतिष और महात्मा गांधी नरेगा जैसे प्रमाण-पत्र पाठ्यक्रम भी उपलब्ध हैं। ऑनलाइन अध्ययन सामग्री चुनने पर मिलेगी फीस में छूटअध्ययन केंद्र के समन्वयक डॉ. चेनाराम ने बताया कि विश्वविद्यालय की दूरस्थ शिक्षा प्रणाली गांवों, कस्बों, नौकरीपेशा लोगों और अन्य विद्यार्थियों के लिए उच्च शिक्षा का एक बेहतर विकल्प है। उन्होंने यह भी बताया कि नियमित विद्यार्थी एक ही सत्र में अपनी नियमित पढ़ाई के साथ अतिरिक्त डिग्री, डिप्लोमा या प्रमाण-पत्र पाठ्यक्रम में भी प्रवेश ले सकते हैं। सरकार की दूरस्थ बालिका शिक्षा योजना के तहत पात्र छात्राओं को शुल्क पुनर्भरण की सुविधा मिलेगी। जो विद्यार्थी ऑनलाइन अध्ययन सामग्री का विकल्प चुनते हैं, उन्हें शुल्क में 15 प्रतिशत की छूट दी जाएगी।इसके अलावा अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति वर्ग के पात्र विद्यार्थियों के लिए समाज कल्याण विभाग द्वारा शुल्क पुनर्भरण का भी प्रावधान है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:57 pm

VLTD डिवाइस नहीं मिलने से थमा ट्रांसपोर्ट कारोबार:30 हजार से ज्यादा ट्रक खड़े, 8 जुलाई को जयपुर में धरना; समाधान नहीं हुआ तो हड़ताल की चेतावनी

राजस्थान में व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस (VLTD) अनिवार्य होने के बाद भी ट्रांसपोर्टरों को यह डिवाइस नहीं मिल रही है। ट्रांसपोर्ट संगठनों का दावा है कि इसके कारण 30 से 35 हजार ट्रक फिटनेस और परमिट की प्रक्रिया पूरी नहीं कर पा रहे हैं। इससे हजारों वाहन खड़े हैं और ट्रांसपोर्ट कारोबार पर बड़ा असर पड़ रहा है।विश्वकर्मा ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन ने सरकार और परिवहन विभाग पर व्यवस्था नहीं होने का आरोप लगाया है। संगठन का कहना है कि वे व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस लगाने के खिलाफ नहीं हैं, लेकिन जब डिवाइस ही उपलब्ध नहीं है तो वाहन मालिक नियमों का पालन कैसे करें। इसी मांग को लेकर 8 जुलाई को जयपुर के शहीद स्मारक पर धरना दिया जाएगा। समाधान नहीं होने पर पूरे राजस्थान में अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी दी गई है।क्या है व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस (VLTD)व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस (Vehicle Location Tracking Device-VLTD) एक जीपीएस आधारित ट्रैकिंग सिस्टम है, जिससे वाहन की हर समय लोकेशन पता लगाई जा सकती है। यह AIS-140 मानकों के अनुसार काम करता है। कई वाहनों में इसके साथ इमरजेंसी पैनिक बटन भी लगाया जाता है, जिससे दुर्घटना या आपात स्थिति में तुरंत सूचना भेजी जा सके। इसका उद्देश्य वाहनों की निगरानी बढ़ाना और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना है।कब से लागू हुआ नियमकेंद्र सरकार ने AIS-140 मानकों के तहत कई श्रेणी के वाहनों में व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस लगाने का नियम बनाया। इसके बाद राजस्थान परिवहन विभाग ने भी साल 2022 से इस व्यवस्था को लागू करने की प्रक्रिया शुरू की। इसके तहत अधिकृत कंपनियों के माध्यम से वाहनों में डिवाइस लगाने और उसे विभाग के पोर्टल से जोड़ने की व्यवस्था की गई।ट्रांसपोर्टरों का आरोप- डिवाइस नहीं मिलने से बढ़ी परेशानीविश्वकर्मा ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष जगदीश चौधरी ने बताया- राज्य सरकार ने कॉमर्शियल ट्रकों में व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस अनिवार्य कर दिया है। नए नियमों के अनुसार जिस कंपनी का ट्रक है, उसी कंपनी के अधिकृत डिवाइस को लगाना जरूरी है। उनका आरोप है कि इससे कुछ कंपनियों तक ही व्यवस्था सीमित हो गई है।उन्होंने कहा कि जो डिवाइस पहले करीब तीन हजार रुपये में मिल जाती थी, अब उसकी कीमत 25 से 30 हजार रुपये तक वसूली जा रही है। उनका आरोप है कि बाजार में डिवाइस की कमी होने का फायदा उठाया जा रहा है। इससे वाहन मालिकों का खर्च कई गुना बढ़ गया है और फिटनेस प्रमाण पत्र भी जारी नहीं हो पा रहे हैं। 30 से 35 हजार ट्रक खड़े होने का दावाजगदीश चौधरी ने बताया- राजस्थान में अधिकृत कंपनियों के पास पर्याप्त संख्या में व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस उपलब्ध नहीं हैं। इसके कारण करीब 30 से 35 हजार ट्रक राज्य से बाहर खड़े हैं। यदि ये वाहन बिना जरूरी प्रक्रिया पूरी किए राजस्थान आते हैं तो ई-डिटेक्शन के जरिए चालान हो सकता है। साथ ही नेशनल परमिट और फिटनेस की प्रक्रिया भी पूरी नहीं हो पा रही है।हम नियम के खिलाफ नहीं, व्यवस्था ठीक करने की मांग कर रहे हैंट्रांसपोर्ट एसोसिएशन का कहना है कि दूसरे राज्यों में बड़ी संख्या में कंपनियां यह डिवाइस उपलब्ध करा रही हैं, जबकि राजस्थान में केवल 17 कंपनियां ही अधिकृत हैं। उनका कहना है कि सरकार ऐसी व्यवस्था करे जिससे सभी वाहन मालिकों को आसानी से डिवाइस मिल सके और परमिट व फिटनेस का काम समय पर हो सके।8 जुलाई को जयपुर में धरनाएसोसिएशन ने बताया कि इस मुद्दे पर पूरे राजस्थान में संघर्ष समितियां बनाई गई हैं। सभी ट्रांसपोर्ट कारोबारी 8 जुलाई को जयपुर के शहीद स्मारक पर शांतिपूर्ण धरना देंगे। यदि इसके बाद भी परिवहन विभाग और सरकार ने समाधान नहीं निकाला तो पूरे राजस्थान में अनिश्चितकालीन हड़ताल की जाएगी। उनका कहना है कि इससे प्रदेश में माल परिवहन व्यवस्था भी प्रभावित हो सकती है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:57 pm

उन्नाव से अमरनाथ यात्रा के लिए भक्त रवाना:हर-हर महादेव और बम-बम भोले की गूंज रही, लोगों ने फूल बरसाकर रवाना किया

उन्नाव के पुरवा क्षेत्र से सोमवार सुबह दस बजे शिवभक्तों का एक जत्था पवित्र अमरनाथ यात्रा के लिए रवाना हुआ। सावन से पहले बाबा बर्फानी के दर्शन को लेकर श्रद्धालुओं में जबरदस्त उत्साह देखा गया। इस दौरान पूरा वातावरण 'हर-हर महादेव' और 'बम-बम भोले' के जयघोष से भक्तिमय हो उठा। जत्थे की रवानगी के अवसर पर प्रधान संघ अध्यक्ष प्रतिनिधि अमित त्रिवेदी ने शिवभक्तों का पट्टिका पहनाकर स्वागत एवं सम्मान किया। उन्होंने श्रद्धालुओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि अमरनाथ यात्रा केवल एक धार्मिक यात्रा नहीं, बल्कि आस्था, विश्वास और भगवान शिव के प्रति अटूट समर्पण का प्रतीक है। उन्होंने बाबा बर्फानी से क्षेत्र में सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना करते हुए सभी यात्रियों की सुरक्षित यात्रा एवं सकुशल वापसी की प्रार्थना की। इस दौरान श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों की अच्छी-खासी भीड़ मौजूद रही। सभी ने शिवभक्तों को शुभकामनाएं देते हुए बाबा बर्फानी के जयकारे लगाए। कई लोगों ने यात्रियों पर पुष्पवर्षा कर उनका अभिनंदन किया और सफल यात्रा की कामना की। अमित त्रिवेदी ने अमरनाथ यात्रा को देश की सबसे महत्वपूर्ण धार्मिक यात्राओं में से एक बताया। उन्होंने कहा कि हर वर्ष लाखों श्रद्धालु कठिन प्राकृतिक परिस्थितियों के बावजूद बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए पहुंचते हैं। उन्होंने यात्रियों से प्रशासन द्वारा जारी सभी दिशा-निर्देशों का पालन करने और स्वास्थ्य संबंधी आवश्यक सावधानियां बरतने की भी अपील की। इस पावन यात्रा पर रवाना होने वाले जत्थे में अभिषेक त्रिपाठी, ललित शुक्ला (राम जी), सुनील कुमार, कालू, सुशील, अनूप, सुरेंद्र, संदीप, बृजेंद्र, अमित और हिमांशु शामिल हैं। सभी श्रद्धालु पूरे उत्साह और भक्ति भाव के साथ बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए प्रस्थान कर चुके हैं।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:56 pm

10 हजार का इनामी बदमाश दिलशाद घायल:मुजफ्फरनगर में पुलिस से मुठभेड़, पुलिस टीम पर फायरिंग की

मुजफ्फरनगर में सोमवार देर रात पुलिस और बदमाश के बीच मुठभेड़ हुई। तितावी थाना क्षेत्र के चिरमत टिल्ला के पास जसोई कट पर हुई इस मुठभेड़ में 10 हजार रुपये का इनामी अपराधी दिलशाद उर्फ डीलर गोली लगने से घायल हो गया। उसे तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस के अनुसार, सोमवार सुबह नियमित वाहन चेकिंग के दौरान तितावी पुलिस टीम ने जसोई कट पर एक संदिग्ध वाहन को रोकने का प्रयास किया। वाहन सवार व्यक्ति ने अचानक पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी गोली चलाई, जिसमें आरोपी दिलशाद को गोली लगी। दिलशाद पुत्र खलील, बघरा का निवासी है। हरदोई पुलिस ने उस पर 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया हुआ था। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, दिलशाद के खिलाफ गोकशी समेत आधा दर्जन से अधिक आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। वह लंबे समय से विभिन्न जिलों में अवैध गतिविधियों में संलिप्त था। घायल अपराधी को प्राथमिक उपचार के बाद मुजफ्फरनगर के जिला अस्पताल भेजा गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। पुलिस उसके स्वास्थ्य की निगरानी कर रही है और मामले में वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है। सीओ फुगाना विश्वजीत सिंह ने बताया कि आरोपी के आपराधिक इतिहास की गहन जांच की जा रही है। पुलिस को आशंका है कि उसके साथ अन्य साथी अपराधी भी हो सकते हैं, जिनकी तलाश में छापेमारी अभियान चलाया जा रहा है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:52 pm

कुआं गहरीकरण में 1.30 लाख की गड़बड़ी का आरोप:खरगोन के देवली पंचायत में शिकायत के बाद जांच शुरू, पोर्टल पर 2.60 लाख खर्च दर्ज

खरगोन की देवली ग्राम पंचायत में कुआं गहरीकरण कार्य में वित्तीय अनियमितता का मामला सामने आया है। ग्रामीणों ने सरपंच रोहित निहाल और पंचायत सचिव पुष्पेंद्र मंडलोई पर करीब 1.30 लाख रुपए के घोटाले का आरोप लगाते हुए जनपद और जिला पंचायत सीईओ से शिकायत की है। ग्रामीणों का दावा है कि पंचायत दर्पण पोर्टल पर कार्य की लागत वास्तविक खर्च से दोगुनी दर्शाई गई है। ग्रामीणों के अनुसार, कुएं के 10 फीट गहरीकरण और 300 फीट आड़े होल (बोर) के लिए लगभग 1.29 लाख रुपए का खर्च होना चाहिए था। इसमें 90 हजार रुपए गहरीकरण और 39 हजार रुपए आड़े होल के लिए निर्धारित हैं। इसके बावजूद पंचायत दर्पण पोर्टल पर इस कार्य पर 2.60 लाख रुपए खर्च होना दर्शाया गया है, जिससे करीब 1.30 लाख रुपए की अनियमितता की आशंका जताई गई है। ग्रामीणों ने निष्पक्ष जांच की मांग की शिकायतकर्ता कैलाश चौहान, अशोक गेहलोत, दशरथ राठौड़, राहुल कमलेश सहित अन्य ग्रामीणों का आरोप है कि जलसंकट दूर करने के नाम पर सरकारी राशि का दुरुपयोग किया गया है। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुराने कार्यों में भी गड़बड़ी के आरोप ग्रामीणों का कहना है कि सरपंच और सचिव पर सीमेंट-कंक्रीट निर्माण सहित अन्य विकास कार्यों में भी वित्तीय अनियमितताओं के आरोप पहले से लगते रहे हैं। उनका दावा है कि करीब सात महीने पहले हुई जांच में 1 लाख 70 हजार 266 रुपए की वसूली प्रस्तावित की गई थी, लेकिन अब तक इस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। सहायक यंत्री बोले- जांच के बाद होगी कार्रवाई गोगांवा जनपद पंचायत के सहायक यंत्री संजय पाटीदार ने बताया कि कुआं गहरीकरण कार्य का अभी मूल्यांकन नहीं हुआ है। उन्होंने शिकायत मिलने की पुष्टि करते हुए कहा कि वे दो दिन बाहर थे। अब मौके पर पहुंचकर कार्य का परीक्षण किया जाएगा और यदि अनियमितता पाई गई तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:52 pm

संभल में भीषण आग से 40 लाख का नुकसान:टेंट-डीजे और ट्रैक्टर जलकर राख, भैंस की भी मौत

संभल जिले के रीठ गांव में एक टेंट व्यवसायी के घर में भीषण आग लगने से लगभग 40 लाख रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है। इस घटना में टेंट का सारा सामान, डीजे उपकरण, एक ट्रैक्टर और इलेक्ट्रॉनिक सामान जलकर राख हो गया, जबकि एक भैंस की भी मौत हो गई। यह घटना रविवार और सोमवार की दरमियानी रात करीब 12:30 बजे चंदौसी तहसील के कुढ़फतेहगढ़ थाना क्षेत्र के रीठ गांव में हुई। टेंट का कारोबार करने वाले अतर सिंह पुत्र लेखराज के घर में आग लगने के बाद ग्रामीणों ने शोर मचाया और इकट्ठा होकर आग बुझाने का प्रयास किया। ग्रामीणों ने तत्काल पुलिस और दमकल विभाग को सूचना दी। हालांकि, दमकल विभाग की टीम घटना के लगभग दो घंटे बाद, रात 2:30 बजे गांव पहुंची। दमकलकर्मियों के पहुंचने से पहले ही ग्रामीणों ने छह समरसेबिल चलाकर आग पर लगभग 50 प्रतिशत काबू पा लिया था। इलेक्ट्रॉनिक उपकरण पूरी तरह नष्ट आग पर सुबह 5:30 बजे तक पूरी तरह से काबू पाया जा सका, लेकिन सुबह 7 बजे तक भी धुआं निकलता रहा। इस अग्निकांड में अतर सिंह का टेंट, डेकोरेशन, डीजे का सारा सामान, मशीनरी, ट्रैक्टर और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण पूरी तरह नष्ट हो गए। घर की इमारत को भी नुकसान पहुंचा है। आग में जलकर एक भैंस की मौत हो गई, जिसकी कीमत करीब एक लाख रुपये बताई गई है। अतर सिंह के बेटे सचिन को भी आग की लपटों से मामूली चोटें आई हैं। थाना प्रभारी जितेंद्र कुमार वर्मा ने बताया कि घर के अंदर ही टेंट हाउस बना था। देर रात्रि में आग लग गई थी जिसमें सारा सामान जलकर राख हो गया है। ग्रामीण की ओर से भी कोई शिकायत नहीं दी गई है लेकिन पुलिस टीम को जांच करने के लिए गांव भेजा गया है। 30 लाख रुपये से अधिक का नुकसान अतर सिंह ने बताया कि आग लगने का कारण अज्ञात है। उन्होंने कहा, जब आंख खुली तो आग लग रही थी। उनके अनुसार, इस घटना में 30 लाख रुपये से अधिक का नुकसान हुआ है, जिसमें टेंट, डेकोरेशन, डीजे का सारा सामान, ट्रैक्टर और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण शामिल हैं।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:52 pm

मूंग के दाने से भी छोटी भगवान जगन्नाथ की मूर्ति:दुनिया का सबसे छोटा रथ बनाने का दावा, शिल्पकार ने 36 घंटे में तैयार किया

उदयपुर के रहने वाले अंतरराष्ट्रीय शिल्पकार डॉ. इकबाल सक्का ने भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा के मौके पर दुनिया का सबसे छोटा सोने-चांदी का रथ बनाया है। यह अनोखा रथ न सिर्फ कला का बेजोड़ नमूना है, बल्कि यह देश में कौमी एकता और भाईचारे का बड़ा संदेश भी दे रहा है। डॉ. सक्का 211 वर्ल्ड रिकॉर्ड अपने नाम कर चुके हैं। इस रथ की साइज महज 1 गुना 1 सेंटीमीटर है। डॉ. सक्का ने इस बेहद छोटे रथ को पुरी के विश्व प्रसिद्ध जगन्नाथ मंदिर में भेंट करने का फैसला किया है। श्री जगन्नाथ मंदिर ट्रस्ट कमेटी को बाकायदा एक चिट्ठी भी लिख दी है। जैसे ही वहां से मंजूरी मिलेगी, वे पुरी जाकर इस रथ को सौंप देंगे। मूंग के दाने से भी छोटी भगवान जगन्नाथ की मूर्ति डॉ. सक्का ने बताया- रथ में चांदी का महज एक सेंटीमीटर का मंदिर और एक मिलीमीटर का कलश बनाया है। मंदिर के ऊपर केसरिया रंग का झंडा भी लगाया गया है, जिस पर बहुत ही बारीकी से 'ॐ' लिखा हुआ है। रथ के अंदर भगवान जगन्नाथ की जो मूर्ति विराजमान है, वह मूंग के दाने से भी छोटी है। चांदी से बनी इस मूर्ति को खुली आंखों से ठीक से देख पाना भी नामुमकिन है, इसे देखने के लिए लेंस की मदद लेनी पड़ती है। भगवान के इस रथ को आगे खींचते हुए दिखाने के लिए चांदी का एक सेंटीमीटर का छोटा सा घोड़ा भी बनाया गया है। 36 घंटे की कड़ी मेहनत से तैयार हुआ अनोखा रथ डॉ. सक्का ने बताया- रथ में 7 ग्राम चांदी और 300 मिलीग्राम सोने का इस्तेमाल किया है। रथ को आकार देने के लिए लगातार 36 घंटे तक कड़ी मेहनत करनी पड़ी, तब जाकर यह कलाकृति पूरी तरह तैयार हो सकी। भुवनेश्वर के कलाकार का रिकॉर्ड तोड़ा डॉ. इकबाल सक्का ने बताया- रथ ने एक पुराना रिकॉर्ड भी तोड़ दिया है। इससे पहले ओडिशा के भुवनेश्वर के एक कलाकार ने 3 गुणा 2 सेंटीमीटर का रथ बनाया था, जो इंटरनेशनल बुक में दर्ज है। अब मैंने ने महज 1 गुणा 1 सेंटीमीटर का रथ बनाकर नया वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने का दावा पेश किया है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:52 pm

झालावाड़ में प्रतापधन नस्ल के मुर्गे-मुर्गियां और चूजे उपलब्ध:देसी मुर्गी की तुलना में 5 गुना ज्यादा अंडे देती है, पशुपालक सालभर कर सकते है कमाई

झालावाड़ जिले के किसानों और पशुपालकों के लिए एक अच्छी खबर है। अब कृषि विज्ञान केंद्र, झालावाड़ में प्रतापधन नस्ल के मुर्गे-मुर्गियां और उनके चूजे उपलब्ध कराए जा रहे हैं। यह उन्नत क्रॉसब्रीड नस्ल सालभर अंडा उत्पादन करने की क्षमता रखती है, जिससे किसानों को नियमित आय का बेहतर अवसर मिलेगा। कृषि विज्ञान केंद्र के अनुसार प्रतापधन मुर्गी को मेवाड़ी, रोड आइलैंड रेड और देसी नस्लों के क्रॉस से विकसित किया गया है। इसकी प्रमुख विशेषता यह है कि यह देसी मुर्गी की तुलना में लगभग 4 से 5 गुना अधिक अंडे देती है। 8 से 15 रुपए तक बिकता है अंडाजहां देसी मुर्गी एक साल में केवल 35 से 40 अंडे देती है, वहीं प्रतापधन मुर्गी प्रति वर्ष लगभग 170 अंडे देने की क्षमता रखती है। विशेषज्ञों का कहना है कि देसी मुर्गी लगभग 3 महीने तक अंडे देने के बाद कई महीनों तक उत्पादन बंद कर देती है, जबकि प्रतापधन मुर्गी पूरे वर्ष अंडे देती रहती है। इसके अंडों का बाजार मूल्य मौसम के अनुसार 8 से 15 रुपए प्रति अंडा तक मिलता है, जिससे पशुपालकों की आय में वृद्धि हो सकती है। वजन के संदर्भ में 6 महीने की उम्र में प्रतापधन मुर्गी का वजन 2 से 2.5 किलोग्राम तक पहुंच जाता है, जबकि मुर्गे का वजन 1.5 से 1.8 किलोग्राम रहता है। केंद्र के आंकड़ों के अनुसार, प्रतापधन मुर्गा लगभग 800 रुपए और मुर्गी करीब 600 रुपए में बेची जा सकती है। फिलहाल कृषि विज्ञान केंद्र में लगभग 70 प्रतापधन मुर्गे-मुर्गियां और 300 एक माह के चूजे उपलब्ध हैं। इच्छुक किसान और पशुपालक निर्धारित दरों पर इन्हें खरीद सकते हैं। प्रतापधन चूजों की निर्धारित कीमतें इस प्रकार हैं: सिरोही नस्ल की बकरियां भी मिल रहीकृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ. हितेश मुवाल ने बताया कि झालावाड़ कृषि विज्ञान केंद्र के माध्यम से किसानों और पशुपालकों को सिरोही नस्ल की बकरियां भी उपलब्ध कराई जा रही हैं। जनजातीय उपयोजना के तहत नस्ल सुधार के लिए सिरोही नस्ल के बीजु बकरे एवं बकरियां सामुदायिक आधार पर निःशुल्क उपलब्ध कराई जा रही है। सिरोही नस्ल दूध उत्पादन के साथ-साथ मांस उत्पादन के लिए भी बेहतर मानी जाती है। इस नस्ल के बकरे एक वर्ष में लगभग 45 किलोग्राम तक वजन प्राप्त कर लेते हैं, जिससे पशुपालकों को अच्छा आर्थिक लाभ मिलता है। योजना के तहत 30 किसानों और पशुपालकों को एक-एक बकरी उपलब्ध कराई जाती है। पशुपालक बकरी पालन और उसके व्यापार के माध्यम से अतिरिक्त आय अर्जित कर सकते हैं।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:51 pm

शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम परशुरामपुरी होगा:1.60 लाख होमगार्ड्स का कैशलेस इलाज, गोरखपुर-मुरादाबाद में श्रमिकों का अस्पताल बनेगा, 28 प्रस्ताव पास

यूपी के करीब 1.60 लाख से अधिक होमगार्ड्स और उनके आश्रित परिजनों के लिए योगी सरकार ने 5 लाख रुपए तक की कैशलेस इलाज सुविधा को मंजूरी दे दी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में सोमवार को हुई कैबिनेट बैठक में इस प्रस्ताव पर मुहर लगी। बैठक में कुल 28 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। प्रदेश में वर्तमान में करीब 1.18 लाख होमगार्ड कार्यरत हैं। इसके अलावा 41 हजार से अधिक होमगार्ड की भर्ती प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। ऐसे में करीब 1.60 लाख से अधिक होमगार्ड और उनके आश्रित परिजन इस योजना का लाभ उठा सकेंगे। कैबिनेट ने शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदलकर परशुरामपुरी करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दे दी। कैबिनेट मंत्री सुरेश खन्ना ने बताया कि शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम परशुरामपुरी किया गया। यह जगह भगवान परशुराम की जन्मस्थली है। शासन ने 25 जून 2025 को अनुरोध किया था। भारत सरकार से एनओसी आने के बाद इस पर अब कैबिनेट की भी सहमति मिल गई है। अब विस्तार से जानिए कैबिनेट में पास हुए प्रस्तावों के बारे में… योगी कैबिनेट में उत्तर प्रदेश स्टार्टअप मिशन डायरेक्टरेट की स्थापना, यूपी स्टार्टअप नीति-2026 और डेटा सेंटर पॉलिसी को भी मंजूरी मिली है। पशुपालकों के लिए मुख्यमंत्री जोखिम प्रबंधन एवं पशुधन बीमा योजना को भी मंजूरी दी गई है। यह योजना प्रदेश के सभी 75 जिलों में लागू होगी। इसमें प्रीमियम का 85% हिस्सा राज्य सरकार वहन करेगी, जबकि 15% राशि पशुपालकों को देनी होगी। कैबिनेट मंत्री धर्मपाल सिंह ने कहा कि इससे किसानों और पशुपालकों पर आर्थिक बोझ कम होगा। गोरखपुर और मुरादाबाद में श्रमिकों के लिए 100-100 बेड के ईएसआईसी अस्पताल बनाए जाएंगे। वहीं, वाराणसी में ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज की स्थापना के लिए निशुल्क भूमि आवंटन को मंजूरी दी गई है। कैबिनेट मंत्री अनिल राजभर ने बताया कि मेडिकल कॉलेज में 50% सीटें श्रमिकों के बच्चों के लिए आरक्षित रहेंगी। कैबिनेट ने अंतरराष्ट्रीय पदक विजेता खिलाड़ियों की सीधी भर्ती नियमावली-2022 में संशोधन को भी मंजूरी दी है। अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को सरकार सीधे नियुक्ति दे सकेगी। 3 प्राइवेट विश्वविद्यालय होंगे स्थापित, कानपुर में खुलेगा पहला प्राइवेट एग्रीकल्चर विश्वविद्यालय इसके अलावा प्रदेश में तीन निजी विश्वविद्यालयों की स्थापना को भी मंजूरी मिली है। कानपुर के बिल्हौर में महर्षि महेश योगी इंटरनेशनल एग्रीकल्चर विश्वविद्यालय, गाजियाबाद में अजय कुमार गर्ग विश्वविद्यालय और फतेहपुर में ठाकुर युगराज सिंह विश्वविद्यालय स्थापित किए जाएंगे। वहीं, रायबरेली में उद्यान महाविद्यालय एवं रिसर्च सेंटर की स्थापना के लिए 20 हेक्टेयर भूमि आवंटित करने और 50 करोड़ रुपए की धनराशि उपलब्ध कराने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई। कैबिनेट के प्रमुख फैसले… खबर लगातार अपडेट हो रही…

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:48 pm

हांसी में पेड़ पर लटका मिला हलवाई का शव:परिजनों ने हत्या की आशंका जताई, बोले- जमीन पर टिके थे दोनों पैर

हांसी जिले के नारनौंद क्षेत्र में सोमवार सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब गांव के बाहर मोठ रोड पर स्थित एक शीशम के पेड़ से एक युवक का शव संदिग्ध परिस्थितियों में लटका हुआ मिला। सूचना मिलते ही ग्रामीणों की भीड़ मौके पर जुट गई। जिसके बाद पुलिस को मामले की सूचना दी। घटना की जानकारी मिलने पर डायल-112, नारनौंद थाना पुलिस और एफएसएल टीम मौके पर पहुंची। टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए और शव को पोस्टमार्टम के लिए हांसी के सामान्य अस्पताल के शवगृह में भिजवा दिया। खाना खाने के बाद देर घर से निकला था मृतक की पहचान गांव लोहारी राघो निवासी करीब 30 वर्षीय बिट्टू के रूप में हुई है, जो पेशे से हलवाई था। वह अविवाहित था और अपने तीन भाई-बहनों में सबसे बड़ा था। उसके पिता रामधारी मजदूरी करते हैं। परिजनों के अनुसार, बिट्टू गांव में ही अपने चाचा के पास रहता था। परिजनों ने बताया कि रविवार रात करीब 9 से 10 बजे के बीच बिट्टू खाना बनाकर घर से निकला था, लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटा। सोमवार सुबह करीब 5 बजे ग्रामीणों ने सूचना दी कि उसका शव गांव के बाहर शीशम के पेड़ पर लटका हुआ है। परिजन बोले- उसी की टी-शर्ट से पेड़ से बंधा था मृतक के परिजनों ने घटना को संदिग्ध बताते हुए हत्या की आशंका जताई है। उनका कहना है कि जब वे मौके पर पहुंचे तो बिट्टू के दोनों पैर जमीन पर टिके हुए थे और उसका शव उसी की टी-शर्ट के सहारे पेड़ से बांधा गया था। परिजनों ने यह भी दावा किया कि शव के पास एक डिश वायर भी पड़ी मिली। उनका कहना है कि घटनास्थल की परिस्थितियां आत्महत्या की ओर इशारा नहीं करतीं, इसलिए मामले की निष्पक्ष और गहन जांच कर सच्चाई सामने लाई जाए। पुलिस कर रही मामले की जांच जांच अधिकारी एएसआई रविंदर ने बताया कि पुलिस ने परिजनों के बयान दर्ज कर लिए हैं। मामले में सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और एफएसएल रिपोर्ट के आधार पर आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:48 pm

मैरिज होम में 6 दबंगों ने युवक को घेरकर पीटा:जरा सी कहासुनी के बाद हुई मारपीट, जमीन पर गिराकर घसीटा

नोएडा के जेवर कस्बे स्थित एक मैरिज होम में युवक के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। सोमवार सुबह 9 घटना का सीसीटीवी फुटेज सामने आया। इसमें 6 युवक एक व्यक्ति के साथ मारपीट करते दिखाई दे रहे हैं। पुलिस का कहना है कि अभी तक इस मामले में कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। सीसीटीवी फुटेज में दिखाई दे रहा है कि युवक एक व्यक्ति को घेर लेते हैं और उसके साथ लात-घूंसों से मारपीट शुरू कर देते हैं। युवक के जमीन पर गिरने के बाद भी हमलावर उसे पीटते रहते हैं। इस दौरान मौके पर मौजूद कुछ लोग बीच-बचाव का प्रयास करते भी नजर आते हैं। जानकारी के अनुसार, घटना जेवर के एक मैरिज होम में हुई, जहां किसी बात को लेकर विवाद शुरू हुआ और देखते ही देखते मारपीट में बदल गया। पूरी घटना वहां लगे सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हो गई। पुलिस का कहना है कि शिकायत मिलने पर सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मामले की जानकारी जुटाई जा रही है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:47 pm

बैतूल में हिट एंड रन पीड़ित की हुई पहचान:चार दिन बाद सोशल मीडिया से परिजनों को मिली जानकारी, हिंदू सेना ने किया था अंतिम संस्कार

बैतूल में सदर ओवरब्रिज पर 2 जुलाई को हुए हिट एंड रन हादसे में जान गंवाने वाले अज्ञात युवक की चार दिन बाद पहचान हो गई है। मृतक बैतूल बाजार थाना क्षेत्र के सोनारखापा निवासी 35 वर्षीय सुखदेव धुर्वे (पिता मुन्ना धुर्वे) था। परिजन बैतूल पहुंचे और शव की शिनाख्त की पुष्टि की। जानकारी के अनुसार, सुखदेव धुर्वे महाराष्ट्र में मजदूरी करता था। उसके परिवार में पत्नी और दो बच्चे हैं। बताया गया कि हादसे वाली रात वह गांव लौटने के लिए बस या ट्रेन से बैतूल पहुंचा था। सदर ओवरब्रिज पर किसी अज्ञात वाहन ने उसे टक्कर मार दी, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद चालक वाहन सहित फरार हो गया। सोशल मीडिया पोस्ट से मिली पहचान चार दिनों तक मृतक की पहचान नहीं होने पर पुलिस ने उसके फोटो और हुलिए की जानकारी सोशल मीडिया पर साझा की थी। पोस्ट देखने के बाद परिजनों को सुखदेव के हादसे की जानकारी मिली। इसके बाद वे बैतूल पहुंचे और शव की पहचान की। पहचान से पहले कराया गया अंतिम संस्कार मृतक की पहचान नहीं होने के कारण राष्ट्रीय हिंदू सेना ने दो दिन पहले पूरे विधि-विधान और रीति-रिवाज से उसका अंतिम संस्कार कराया था। संगठन के प्रदेश अध्यक्ष दीपक मालवीय ने बताया कि पहचान होने के बाद परिजनों ने पुलिस और राष्ट्रीय हिंदू सेना के सहयोग पर संतोष जताते हुए आभार व्यक्त किया। एक और हिट एंड रन मामला अब भी अनसुलझा इधर, जिले के भडूस क्षेत्र में सड़क हादसे में जान गंवाने वाले एक अज्ञात वृद्ध की अब तक पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस उसकी शिनाख्त के प्रयास में जुटी हुई है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:44 pm

जयपुर में दोस्त ने किया युवती से रेप:मिलने बुलाकर की जबरदस्ती, विरोध पर शादी का वादा

जयपुर में एक दोस्त के युवती से रेप करने का मामला सामने आया है। मिलने पर अकेला पाकर आरोपी दोस्त ने उसके साथ जबरदस्ती की। विरोध करने पर शादी करने का वादा कर देहशोषण किया। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने बताया- जयपुर की रहने वाली 26 साल की युवती ने रिपोर्ट दर्ज करवाई है। कुछ समय पहले उसकी मुलाकात आरोपी युवक से हुई थी। बातचीत के दौरान आरोपी ने उससे दोस्ती कर ली। दोस्त बनने पर मिलने-जुलने लगा। आरोप है कि कुछ समय पहले आरोपी से मिलने पर अकेला पाकर उसके साथ जबरदस्ती की। विरोध करने पर शादी करने का वादा किया। शादी करने का वादा कर आरोपी उसका देहशोषण करने लगा। शादी करने का दबाव बनाने पर आरोपी ने मना कर दिया। धोखे का एहसास होने पर पीड़िता ने आरोपी दोस्त के खिलाफ मामला दर्ज करवाया।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:44 pm

महेंद्रगढ़ के अग्निवीर शंकर को सैन्य सम्मान के साथ अंतिम-विदाई:सर्विस पिस्तौल साफ करते समय लगी थी गोली; राजपूत राइफल ने दी सलामी

हरियाणा के महेंद्रगढ़ जिले के गांव सोहड़ी के अग्निवीर शंकर का सोमवार को पार्थिव शरीर पैतृक गांव पहुंचा, जहां सैन्य सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। उनकी अंतिम यात्रा में सैकड़ों ग्रामीण शामिल हुए और पूरे गांव में शोक का माहौल रहा। शंकर की तैनाती जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले के मंजाकोट थाना क्षेत्र स्थित तरकुंडी गली में थी। बीते शनिवार को वहां अचानक गोली चलने की आवाज सुनकर यूनिट के अन्य जवान मौके पर पहुंचे। वहां शंकर गंभीर रूप से घायल अवस्था में मिले। उन्हें तुरंत प्राथमिक इलाज देकर अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। रविवार शाम परिजनों को मिला शव घटना की सूचना मिलते ही सेना के वरिष्ठ अधिकारी और मंजाकोट थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस और सेना ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए तथा शव को कब्जे में लेकर कानूनी प्रक्रिया पूरी की। पोस्टमार्टम के बाद पार्थिव शरीर रविवार शाम को परिजनों को सौंप दिया गया। पिस्तौल साफ करते समय चली गोली परिजनों के अनुसार शंकर अपनी सर्विस पिस्तौल की सफाई कर रहे थे। इसी दौरान अचानक गोली चल गई, जो उन्हें लग गई और उनकी मौत हो गई। प्रारंभिक जांच में भी यही तथ्य सामने आया है। हालांकि पुलिस और संबंधित सुरक्षा एजेंसियां पूरे मामले की विस्तृत जांच कर रही हैं। अंतिम दर्शन उमड़े लोग सोमवार को जब शंकर का पार्थिव शरीर गांव सोहड़ी पहुंचा तो अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण एकत्रित हो गए। पूरे गांव में गमगीन माहौल के बीच उनकी अंतिम यात्रा निकाली गई। ग्रामीणों ने भारत माता की जय और शंकर अमर रहे के नारे लगाए। राजपूता राइफल की एक टुकड़ी ने उन्हें सैन्य सम्मान के साथ अंतिम सलामी दी। सेवा अवधि में 16 महीने थे शेष ग्रामीणों ने बताया कि शंकर की सेवा अवधि में अभी करीब 16 महीने शेष थे। उनके पिता दीप सिंह भी भारतीय सेना में अपनी सेवाएं दे चुके हैं। बेटे का पार्थिव शरीर लेने के लिए वे स्वयं राजौरी गए थे। शंकर अपने पीछे माता-पिता, एक भाई और दो बहनों को छोड़ गए हैं। पत्नी की एक माह पहले हो चुकी मौत परिवार पर दुखों का पहाड़ इसलिए भी टूट पड़ा है क्योंकि उनकी पत्नी का करीब एक माह पहले ही निधन हो गया था। लगातार दो बड़े हादसों से परिवार पूरी तरह सदमे में है, जबकि पूरे गांव में शोक की लहर व्याप्त है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:44 pm

पंचकूला में जनऔषधि केंद्र की लोकेशन से सांसद नाराज:2 साल से बिना कनेक्शन पड़े सोलर पैनल; पयर्टन विभाग अधिकारियों को फटकारा

पंचकूला जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की बैठक सोमवार को सांसद वरुण मुलाना की अध्यक्षता में हुई। बैठक में विधायक चंद्रमोहन बिश्नोई, मेयर श्यामलाल बंसल, डीसी सतपाल शर्मा समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। केंद्र सरकार की योजनाओं की समीक्षा के दौरान कई विभागों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठे। सांसद ने पर्यटन, शिक्षा और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई। बैठक में सांसद वरुण मुलाना ने खुलासा किया कि तीर्थ कायाकल्प योजना के तहत माता मनसा देवी मंदिर में करीब दो वर्ष पहले सोलर पैनल लगाए गए थे, लेकिन आज तक उन्हें बिजली कनेक्शन से नहीं जोड़ा गया। उन्होंने कहा कि कनेक्शन केबल नहीं होने के कारण पूरा सिस्टम दो साल से बेकार पड़ा है और मंदिर को इसका कोई लाभ नहीं मिल रहा। सांसद ने अधिकारियों से कहा कि जांच में सामने आया है कि सोलर पैनल गलत स्थान पर लगाए गए, जिससे कनेक्शन देने की लागत बढ़ गई और विभाग ने काम अधूरा छोड़ दिया। उन्होंने अधिकारियों को फटकार लगाते हुए कहा कि अब इस कार्य को मेयर के माध्यम से नगर निगम के सहयोग से पूरा कराया जाएगा, ताकि मंदिर को जल्द इसका लाभ मिल सके। गवर्नर स्कूलों के टॉयलेट जांचेंगे, इससे शर्मनाक क्या होगा बैठक में सरकारी स्कूलों की बदहाल स्थिति भी चर्चा का विषय रही। सांसद ने कहा कि अब राज्यपाल (गवर्नर) हमें यह जांचकर बताएंगे कि स्कूलों के टॉयलेट किस हालत में हैं। इससे ज्यादा शर्मनाक बात हमारे लिए क्या हो सकती है। उन्होंने कहा कि कुछ दिन पहले गवर्नर पंचकूला के सरकारी स्कूलों के निरीक्षण पर आए थे। मुलाना ने बताया कि जिले के सरकारी स्कूलों में करीब 400 कमरों की कमी है, जबकि चार स्कूल ऐसे हैं जो आज भी मंदिर और गुरुद्वारों में संचालित हो रहे हैं। उन्होंने शिक्षा विभाग को इस दिशा में गंभीरता से काम करने के निर्देश दिए। जनऔषधि केंद्र पर भी जताई नाराजगी बैठक में जनऔषधि केंद्र की स्थिति को लेकर भी सांसद ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) को फटकार लगाई। उन्होंने कहा, शवगृह के पास जनऔषधि केंद्र बनाओगे, तो दवा कौन लेने जाएगा। उन्होंने अधिकारियों से पूछा कि ऐसी क्या वजह है कि सरकारी केंद्र पर दवाएं नहीं बिक रहीं, जबकि बाहर मेडिकल स्टोरों पर दवाओं की बिक्री हो रही है। सांसद ने निर्देश दिए कि जनऔषधि केंद्र की लोकेशन उपयुक्त स्थान पर स्थानांतरित करने की प्रक्रिया शुरू की जाए। जब तक ऐसा नहीं होता, तब तक केंद्र की जानकारी लोगों तक पहुंचाने के लिए प्रमुख स्थानों पर दिशा-सूचक बोर्ड लगाए जाएं। बैठक में जनऔषधि केंद्र पर उपलब्ध दवाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए ड्रग कंट्रोल ऑफिसर को नियमित सैंपलिंग करने के निर्देश भी दिए गए।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:42 pm

सीधी में SDRF ने दिया आपदा प्रबंधन प्रशिक्षण:होमगार्ड कार्यालय में 40 स्वयंसेवकों को सिखाए आग, गैस रिसाव और आपातकालीन बचाव के तरीके

सीधी जिले के होमगार्ड कार्यालय में सोमवार सुबह 10 बजे SDRF ने आपदा प्रबंधन और बचाव पर एक विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया। प्लाटून कमांडर मयंक तिवारी के नेतृत्व में करीब तीन घंटे चले इस कार्यक्रम में लगभग 40 स्वयंसेवकों ने भाग लिया। इस दौरान स्वयंसेवकों को आपदा की स्थिति में त्वरित, सुरक्षित और प्रभावी तरीके से राहत एवं बचाव कार्य करने के गुर सिखाए गए। गैस रिसाव और आग से बचाव की तकनीक प्लाटून कमांडर मयंक तिवारी ने स्वयंसेवकों को आग लगने, रसोई गैस सिलेंडर में रिसाव और घरेलू दुर्घटनाओं जैसी आपातकालीन परिस्थितियों में अपनाए जाने वाले सुरक्षा उपायों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि रसोई में गैस सिलेंडर में आग लगने पर बिना घबराए सही तकनीक का उपयोग कर बड़ी दुर्घटना को टाला जा सकता है। स्वयंसेवकों को शुरुआती स्तर पर आग पर काबू पाने वाले उपकरणों और संसाधनों के इस्तेमाल का अभ्यास भी कराया गया। बिना सुरक्षा उपकरणों के बचाव खतरनाक प्रशिक्षण में हाल ही में एक दो मंजिला मकान में लगी भीषण आग का उदाहरण दिया गया। स्वयंसेवकों को समझाया गया कि ऐसी परिस्थितियों में बिना सुरक्षा उपकरणों के अंदर जाना खतरनाक हो सकता है। आपात स्थिति में लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाना, क्षेत्र को खाली कराना, भीड़ को नियंत्रित करना और राहत एजेंसियों को सहयोग देना स्वयंसेवकों की प्राथमिक जिम्मेदारी है। कार्यक्रम में स्वयंसेवक साक्षी तिवारी सहित सभी प्रतिभागियों ने इन व्यावहारिक तकनीकों का अभ्यास किया।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:42 pm

BHU में रुद्राभिषेक:नए सेमेस्टर के दाखिले से पहले प्रोफेसर-अधिकारी शामिल हुए, कुलपति बोले- छात्रों की शिक्षा और सुरक्षा बेहतर होगी

काशी हिन्दू विश्वविद्यालय में शैक्षणिक सत्र 2026-27 शुरू होने से पहले कैंपस स्थित श्रीविश्वनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना की गई‌। इस दौरान विश्वविद्यालय प्रशासन मौजूद रहा। वैदिक मंत्रोच्चार के साथ नया सत्र सभी के लिए शुभकारी हो, इसकी भी कामना की गई। कुलपति प्रो. अजित कुमार चतुर्वेदी ने कहा कि आज भगवान विश्वनाथ की पूजा-अर्चना कर विश्वविद्यालय की उन्नति और समृद्धि के लिए प्रार्थना की गई। उन्होंने कहा कि उनकी कामना है कि विश्वविद्यालय पूरे तन, मन और धन से अध्ययन-अध्यापन के कार्य में निरंतर समर्पित रहे। साथ ही, छात्रों, शिक्षकों और सभी कर्मचारियों के हित में कार्य होते रहें तथा विश्वविद्यालय लगातार प्रगति के पथ पर आगे बढ़े। शैक्षणिक माहौल और सुरक्षा होगा बेहतर पिछले महीने हुई छात्र से जुड़ी घटना के संबंध में पूछे गए सवाल पर कुलपति ने कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन, छात्र और सभी संबंधित पक्ष मिलकर कार्य कर रहे हैं, ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा उत्पन्न न हो। उन्होंने विश्वास जताया कि आपसी सामंजस्य और संवाद के माध्यम से विश्वविद्यालय का शैक्षणिक माहौल और अधिक बेहतर बनाया जाएगा। क्षेत्रफल के लिहाज से एशिया का सबसे बड़ा विश्वविद्यालय BHU क्षेत्रफल के लिहाज ये एशिया का सबसे बड़ा विश्वविद्यालय है। 13 सौ एकड़ में बने इस विश्ववविद्यालय में 6 संस्थान 14 संकाय के साथ ही 140 से अधिक विभाग मौजूदा समय में कार्यरत है। कैंपस के मध्य में भगवान शंकर का विशाल मंदिर है। जिसे मशहूर उद्योगपति युगल किशोर बिरला ने बनवाया है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:41 pm

एक्सपायरी मिल्क पाउडर पीने से नवजात की मौत:परिजन बोले-रायपुर के मेडिकल स्टोर से खरीदा, आपत्ति जताने पर छीना डिब्बा,पुलिस ने संचालक को भेजा नोटिस

छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में एक्सपायरी मिल्क पाउडर पीने नवजात बच्ची की मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि, मेकाहारा चौक स्थित निजी मेडिकल स्टोर से मिल्क पाउडर खरीदा था। बच्ची को पिलाते ही उसकी जान चली गई। मौदहापारा थाने में लिखित शिकायत की गई है। परिजनों का दावा है कि, जांच के दौरान डॉक्टरों ने मिल्क पाउडर के डिब्बे पर एक्सपायरी डेट देखकर बताया कि, बच्ची की हालत एक्सपायरी मिल्क पाउडर पीने से तबीयत बिगड़ी है। इसके बाद परिजनों ने मेडिकल स्टोर पहुंचकर विरोध जताया। कर्मचारियों ने हाथ से एक्सपायरी पाउडर छीनकर दूसरा डिब्बा दे दिया। जानिए क्या है पूरा मामला पुलिस के मुताबिक, चंद्रशेखर कन्नोजे की पत्नी डागेश्वरी कन्नोजे ने 29 जून को जुड़वा बच्चियों को जन्म दिया था। मां का दूध पर्याप्त नहीं होने पर डॉक्टर ने मिल्क पाउडर खरीदने की सलाह दी। इसके बाद 30 जून को चंद्रशेखर ने मेकाहारा गेट के पास स्थित मेडिकल स्टोर मिल्क पाउडर का डिब्बा खरीदा। आरोप है कि, दोनों बच्चियों में से एक को उसी मिल्क पाउडर से तैयार दूध पिलाया गया। 4 जुलाई को उसकी तबीयत अचानक बिगड़ गई। गंभीर हालत में उसे आईसीयू में भर्ती कराया गया। दो दिन तक इलाज के बाद नवजात बच्ची की मौत हो गई। कर्मचारियों ने हाथ से छीना एक्सपायरी पाउडर परिजनों का आरोप है कि, मेडिकल स्टोर पहुंचने पर उन्होंने आपत्ति दर्ज कराई, तो स्टोर संचालक और उनके कर्मचारियों ने उनके हाथ से एक्सपायरी मिल्क पाउडर का डिब्बा छीन लिया। उसकी जगह दूसरा डिब्बा दे दिया। इसके बाद परिजनों ने मौदहापारा थाने में शिकायत दर्ज कराई है। मेडिकल स्टोर को जारी किया नोटिस इस मामले में सहायक पुलिस आयुक्त दीपक मिश्रा ने बताया कि शिकायत मिलने के बाद मेडिकल स्टोर संचालक को सीसीटीवी फुटेज सुरक्षित रखने का नोटिस जारी किया गया है। CMHO कार्यालय को मामले की जांच के लिए पत्र भेजा गया है। सभी पक्षों को नोटिस जारी कर बयान के लिए बुलाया गया है। इन बातों का रखना चाहिए ध्यान

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:36 pm

दमोह के रमपुरा में युवक की संदिग्ध मौत:मामा का आरोप- पिता ने दूसरी पत्नी के साथ मिलकर भांजे को दिया जहर

दमोह जिले के नोहटा थाना क्षेत्र के रमपुरा गांव में सोमवार सुबह 24 वर्षीय गोविंद यादव की मौत हो गई। गोविंद को नदी किनारे बेहोशी की हालत में मिलने के बाद जिला अस्पताल लाया गया था, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक के मामा ने अपने जीजा पर प्रॉपर्टी हड़पने के लिए भांजे को जहर देकर मारने का आरोप लगाया है, जबकि चाचा ने शादी के गम में कदम उठाने का संदेह जताया है। नदी किनारे बेहोश मिला था युवक मृतक के चाचा मोहन यादव ने बताया कि गांव के लोगों ने उन्हें फोन पर गोविंद के नदी किनारे बेहोश पड़े होने की सूचना दी थी। मौके पर पहुंचे परिजनों ने देखा कि गोविंद कुछ भी बोल नहीं पा रहा था। इसके बाद उसे एंबुलेंस की मदद से जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। चाचा मोहन यादव के मुताबिक उन्हें नहीं पता कि भतीजे के साथ क्या हुआ, लेकिन उन्हें संदेह है कि गोविंद ने शादी के गम में कोई कदम उठाया होगा। प्रॉपर्टी हड़पने के लिए हत्या का आरोप मृतक के मामा हृदेश यादव ने आरोप लगाया कि उनके जीजा महेश यादव ने 15 साल पहले उनकी बहन को छोड़ दिया था, जिसके बाद जीजा के साथ एक दूसरी महिला रहने लगी थी। वह महिला गोविंद के साथ मारपीट करती थी। मामा का आरोप है कि भांजे की प्रॉपर्टी हड़पने के लिए जीजा महेश यादव ने अपनी दूसरी पत्नी के साथ मिलकर गोविंद को खाने में जहर देकर मार डाला। पीएम रिपोर्ट के बाद साफ होगी वजह नोहटा थाना प्रभारी अभिषेक पटेल ने बताया कि पुलिस ने शव का पंचनामा बनाकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी के मुताबिक पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही युवक की मौत के सही कारणों का पता चल सकेगा।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:36 pm

झालावाड़ में छात्राओं के लिए आत्मरक्षा शिविर शुरू:सेल्फ डिफेंस की तकनीकें और दांव-पेंच सिखाए जा रहे

झालावाड़ में भारत विकास परिषद की झाला रानी शाखा ने छात्राओं के लिए 7 दिवसीय निःशुल्क आत्मरक्षा प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ किया है। यह शिविर कोटा रोड स्थित सेंट जोसेफ निजी स्कूल में सोमवार को शुरू हुआ, जिसका उद्देश्य बालिकाओं को आत्मनिर्भर और निडर बनाना है। शाखा अध्यक्षा अर्चना मालपानी ने बताया कि यह प्रशिक्षण शिविर 7 दिनों तक चलेगा। इसमें छात्राओं को आत्मरक्षा की विभिन्न तकनीकें और दांव-पेंच सिखाए जाएंगे। प्रशिक्षण का दायित्व पीटीआई कृष्णा को सौंपा गया है। आत्मविश्वास विकसित करना है उद्देश्यमालपानी के अनुसार शिविर का मुख्य उद्देश्य बालिकाओं में आत्मविश्वास विकसित करना, संभावित खतरों को पहचानना और विपरीत परिस्थितियों में अपनी सुरक्षा करना सिखाना है। एसआरजी अस्पताल की मनोचिकित्सक डॉ. रश्मि गुप्ता ने बताया कि प्रशिक्षण में आत्मरक्षा के साथ-साथ मानसिक मजबूती, आत्मसंयम, गुस्से पर नियंत्रण, कानूनी अधिकार और प्राथमिक चिकित्सा जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां भी दी जाएंगी। शाखा सचिव चेतना गर्ग ने बताया कि शिविर का लक्ष्य बालिकाओं को आत्मनिर्भर, जागरूक और निडर बनाना है, ताकि वे किसी भी चुनौतीपूर्ण परिस्थिति का साहसपूर्वक सामना कर सकें। कार्यक्रम का शुभारंभ सेंट जोसेफ स्कूल की प्रिंसिपल कृतिका, विद्यालय की अध्यापिकाओं और भारत विकास परिषद की झाला रानी शाखा की सदस्यों की मौजूदगी में हुआ। इस अवसर पर रीना अग्रवाल, शशि अग्रवाल, रानी माहेश्वरी, ममता गुप्ता सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:33 pm

कोडरमा में ट्रेन से गिरकर गया के बैंकर की मौत:मोबाइल-हेडफोन बरामद, पिता को फोन से मिली जानकारी, बिना बताए घर से निकले थे

कोडरमा के तिलैया थाना क्षेत्र अंतर्गत धनबाद-गया रेलखंड पर एक युवक का शव मिलने से सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान बिहार के गया जिले के राजेंद्र पथ तेलबीघा निवासी 27 वर्षीय तुषार कुमार के रूप में हुई है। वह एक बैंककर्मी था। जानकारी के अनुसार, कोडरमा-गया रेलखंड के अप लाइन पर कार्य कर रहे चाभी मैन ने बिशुनपुर रोड स्थित लॉ कॉलेज के पीछे पोल संख्या 395/25 के पास युवक को मृत अवस्था में देखा। इसके बाद उसने तुरंत कोडरमा आरपीएफ को सूचना दी। पिता को फोन से मिली जानकारी जांच के दौरान पुलिस को मृतक के पास से उसका मोबाइल फोन और एक हेडफोन मिला। बताया जा रहा है कि जब पुलिस मौके पर पहुंची, उस समय हेडफोन में गाना बज रहा था। इसके अलावा लोअर की जेब से एक माचिस भी बरामद हुई है। इसी दौरान मृतक के मोबाइल पर उसके पिता का फोन आया। जिसके जरिए उन्हें घटना की जानकारी दी गई और कोडरमा बुलाया गया। तिलैया थाना प्रभारी विनय कुमार ने बताया कि प्रारंभिक जांच में मामला संदिग्ध जरूर है, लेकिन सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है। ट्रेन से गिरने की आशंका, जांच जारी मृतक के पिता मदन मोहन कुमार ने बताया कि तुषार गया स्थित आईडीएफसी बैंक में कार्यरत था और रविवार शाम बिना बताए घर से निकला था, जिसके बाद उससे संपर्क नहीं हो पाया। पुलिस की प्रारंभिक आशंका है कि युवक ट्रेन के दरवाजे पर खड़ा होकर सिगरेट पीने का प्रयास कर रहा होगा, इसी दौरान संतुलन बिगड़ने से वह नीचे गिर गया। हालांकि, पुलिस इसे केवल एक संभावना मानते हुए अन्य बिंदुओं पर भी जांच कर रही है। फिलहाल शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया गया है। परिजनों के आने का इंतजार किया जा रहा है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:32 pm

उमरिया में वृक्षारोपण पर दो गांव आमने-सामने:फलदार पौधे लगाने की मांग; रोजगार और वन उपज का लाभ चाह रहे ग्रामीण

उमरिया के बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के धमोखर बफर परिक्षेत्र में वृक्षारोपण को लेकर दो गांवों के ग्रामीण आमने-सामने आ गए हैं। पतरेई के कक्ष क्रमांक पीएफ-75 कुदराहार में चल रहे कार्य का टेकन गांव के कुछ ग्रामीण विरोध कर रहे हैं। दूसरी ओर, पतरेई गांव के बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने वन विभाग को पत्र देकर फलदार पौधे लगाने की मांग का समर्थन किया है। वन विभाग ने बड़े क्षेत्र में यह वृक्षारोपण कराया जा रहा है। विभाग का कहना है कि इससे ग्रामीणों को वर्तमान में रोजगार मिल रहा है। भविष्य में उन्हें फलदार पौधों और दैनिक उपयोग की वन उपज का भी लाभ मिलेगा। वृक्षारोपण विवाद सुलझाने में जुटा वन विभाग पतरेई, झाला और अतरिया के ग्रामीणों ने बताया कि इस क्षेत्र में बाघ और अन्य वन्यजीव रहते हैं। उनका तर्क है कि गांव से दूर वृक्षारोपण होने से वन्यजीव आबादी वाले क्षेत्रों की ओर कम आएंगे। साथ ही, ग्रामीणों को जंगल से दैनिक उपयोग की सामग्री भी आसानी से मिल सकेगी। वहीं, टेकन गांव के लगभग 10 ग्रामीण लगातार वृक्षारोपण का विरोध कर रहे हैं। वे इस कार्य को रुकवाने का प्रयास कर रहे हैं। इस मामले को लेकर वन विभाग दोनों पक्षों से चर्चा कर समाधान निकालने की तैयारी में है। वृक्षारोपण से ग्रामीणों और पर्यावरण दोनों को लाभ धमोखर परिक्षेत्र अधिकारी सचिन सिंह ने बताया कि अधिकांश ग्रामीण वृक्षारोपण के पक्ष में हैं। उन्होंने कहा कि कुछ विरोध करने वाले लोगों को समझाइश दी गई है। उनके साथ बैठक कर इस विवाद का निराकरण किया जाएगा। सिंह ने इस बात पर जोर दिया कि वृक्षारोपण से ग्रामीणों और पर्यावरण दोनों को लाभ होगा।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:32 pm

बुरहानपुर में तैयार होंगे 500 आपदा मित्र स्वयंसेवक:बाढ़-भूकंप बचाव के लिए सात दिन का प्रशिक्षण, केंद्र देगा निःशुल्क किट

बुरहानपुर जिले में प्राकृतिक आपदाओं से निपटने के लिए स्वयंसेवकों को प्रशिक्षित किया जा रहा है। जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और होमगार्ड्स, नागरिक सुरक्षा व आपदा प्रबंधन विभाग मिलकर 'आपदा मित्र' तैयार कर रहे हैं। ये वालंटियर बाढ़ और अन्य प्राकृतिक आपदाओं की स्थिति में बचाव कार्यों में सहायता करेंगे। होमगार्ड्स आपदा प्रबंधन के प्लाटून कमांडर जितेंद्र सिंह तोमर ने बताया कि सोमवार को नेपानगर में 150 युवाओं का पंजीकरण किया गया। इन पंजीकृत युवाओं को अब सात दिवसीय आपदा सिविल डिफेंस वालंटियर प्रशिक्षण दिया जाएगा। यह प्रशिक्षण कलेक्टर और होमगार्ड डायरेक्टर जनरल के निर्देशों पर जिले में आयोजित किया जा रहा है। इस पहल का उद्देश्य बाढ़ और अन्य आपदाओं से निपटने के लिए सिविल डिफेंस वालंटियर तैयार करना है। जिले में कहीं भी कोई घटना होने पर ये वालंटियर मौके पर पहुंचकर प्राथमिक कार्रवाई में मदद करेंगे। नेपानगर में हुए पंजीकरण के बाद अब प्रशिक्षण शुरू हो गया है। निःशुल्क किट प्रदान की जाएगीयह कार्यक्रम भूकंप आपदा तैयारी और क्षमतावर्धन के तहत आयोजित किया जा रहा है। प्रशिक्षण में वालंटियरों को भूकंप आपदा, जोखिम प्रबंधन, ध्वस्त संरचनाओं में खोज और बचाव जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर प्रशिक्षित किया जाएगा। श्री तोमर ने बताया कि जिले में कुल 500 आपदा मित्र तैयार किए जाएंगे, जिन्हें केंद्र सरकार की ओर से निःशुल्क किट प्रदान की जाएगी। प्रशिक्षण का पहला चरण सोमवार को नेपानगर में पंजीकरण के साथ शुरू हुआ। इसके बाद बुरहानपुर और खकनार में भी इसी तरह के प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए जाएंगे। ये 500 आपदा मित्र अपनी सेवाएं निःशुल्क प्रदान करेंगे। नेपानगर में प्रशिक्षण के लिए युवाओं में काफी उत्साह देखा गया।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:32 pm

झज्जर में मानसून की पहली बारिश ने दिखाई हकीकत:सड़कें बनीं तालाब, जलभराव से शहर की ड्रेनेज व्यवस्था फेल

झज्जर शहर में सोमवार को हुई चंद मिनट की बारिश ने नगर परिषद और प्रशासन के जलनिकासी व्यवस्था संबंधी दावों की पोल खोल दी। थोड़ी देर की बारिश के बाद ही शहर की कई प्रमुख सड़कें, बाजार और निचले इलाके पानी में डूब गए, जिससे आमजन को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। बारिश के कारण कई स्थानों पर सड़कें तालाब जैसी नजर आईं। जलभराव के चलते वाहन ड्राइवरों को धीमी गति से गुजरना पड़ा, जबकि पैदल राहगीरों और दुकानदारों को भी काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कई जगहों पर लोगों को पानी के बीच से होकर निकलना पड़ा। करोड़ों खर्च, फिर भी नहीं सुधरी व्यवस्था हर वर्ष नालों की सफाई और ड्रेनेज सिस्टम को बेहतर बनाने के नाम पर करोड़ों रुपए खर्च किए जाने के दावे किए जाते हैं। इसके बावजूद मानसून की पहली ही बारिश में शहर की जलनिकासी व्यवस्था पूरी तरह फेल नजर आई। इससे प्रशासनिक तैयारियों पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। स्थायी समाधान की मांग स्थानीय लोगों का कहना है कि हर साल बारिश के दौरान यही हालात बनते हैं, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान आज तक नहीं हो पाया। लोगों ने प्रशासन से प्रभावी जलनिकासी व्यवस्था विकसित करने, नालों की नियमित सफाई सुनिश्चित करने और जलभराव वाले क्षेत्रों का स्थायी समाधान करने की मांग की है। बारिश ने फिर दिखाई हकीकत चंद मिनट की बारिश ने साफ कर दिया कि शहर की ड्रेनेज व्यवस्था अब भी मानसून की चुनौती से निपटने के लिए तैयार नहीं है। यदि समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो आगामी दिनों में होने वाली तेज बारिश के दौरान स्थिति और गंभीर हो सकती है। आगे और बढ़ सकती हैं मुश्किलें मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में भी बारिश की संभावना जताई है। ऐसे में यदि जलनिकासी व्यवस्था में जल्द सुधार नहीं किया गया, तो तेज बारिश के दौरान हालात और गंभीर हो सकते हैं। पहली ही बारिश ने साफ कर दिया है कि झज्जर शहर का ड्रेनेज सिस्टम अभी भी मानसून की चुनौती से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार नहीं है। नगर परिषद के अध्यक्ष जिले सिंह अबकी बार मानसून में शहर की सड़कों पर पानी नहीं भरने का दावा कर रहे थे, लेकिन बारिश आते ही दावों की पोल खोल नजर आई। 40 में से 36 नाले हो चुके साफ- DMC नगर परिषद DMC जगनिवास ने बताया कि मैने आज ही जॉइन किया है। जलभराव को लेकर ईओ से भी बातचीत की गई है, जिन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि शहर में करीब 40 नाले है, जिनमें से 36 की सफाई हो चुकी है। बाकी चार नालों पर स्लैब डले हुए है और पुलिस सहायता की जरूरत है। पुलिस को पत्र लिख दिया गया है। अगले तीन-चार दिनों में इन नालों की सफाई भी करवा दी जाएगी।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:31 pm

तेज रफ्तार बाइक की टक्कर से बुजुर्ग की मौत:डीटीओ ऑफिस के सामने सड़क पार करते समय हुआ हादसा

चूरू में सदर थाना क्षेत्र में डीटीओ ऑफिस के सामने रविवार रात एक सड़क हादसे में 65 वर्षीय बुजुर्ग की मौत हो गई। सड़क पार करते समय एक तेज रफ्तार बाइक ने उन्हें टक्कर मार दी थी। घायल बुजुर्ग को तुरंत डीबी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मृतक की पहचान सीकर के कांसली धोद निवासी बजरंगलाल जाट के रूप में हुई है। वह चूरू में हुंडई कार एजेंसी में गार्ड के पद पर कार्यरत थे। बाइक की टक्कर से उनके शरीर में गंभीर चोटें आई थीं।हादसे की सूचना मिलने पर अस्पताल चौकी से एएसआई सुरेश कुमार मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को मॉर्च्युरी में रखवाया। सोमवार सुबह मृतक के बेटे महेन्द्र कुमार ने बाइक सवार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। सदर थानाधिकारी मोटाराम ने बताया कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:30 pm

कोटेदारों ने लाभांश, न्यूनतम आय की गारंटी मांगी:शामली में अगस्त 2026 में राशन वितरण बहिष्कार की चेतावनी

शामली, उत्तर प्रदेश। राज्य के उचित दर विक्रेताओं (कोटेदारों) ने खाद्यान्न और चीनी वितरण पर मिलने वाले लाभांश में वृद्धि तथा न्यूनतम मासिक आय की गारंटी की मांग की है। अपनी मांगों को लेकर उन्होंने जिला पूर्ति अधिकारी को एक ज्ञापन सौंपा है। कोटेदारों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं होती हैं, तो वे अगस्त 2026 में राशन वितरण कार्य का बहिष्कार करेंगे। ज्ञापन में बताया गया है कि उत्तर प्रदेश में कोटेदारों को वर्तमान में प्रति कुंतल मात्र 90 रुपये का लाभांश मिलता है। उनका कहना है कि बढ़ती महंगाई के इस दौर में यह राशि परिवार का भरण-पोषण करने के लिए पर्याप्त नहीं है। कोटेदारों ने दावा किया है कि हरियाणा, दिल्ली और गोवा जैसे अन्य राज्यों में उन्हें अधिक लाभांश दिया जा रहा है। इसके अतिरिक्त, गुजरात में न्यूनतम आय की गारंटी की व्यवस्था भी लागू है। अपनी मांगों के समर्थन में कोटेदारों ने 28 जुलाई 2026 को चारबाग रेलवे स्टेशन से विधानसभा तक शांतिपूर्ण पैदल मार्च निकालने की घोषणा की है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र निर्णय नहीं लिया गया, तो अगस्त 2026 में राशन वितरण कार्य का बहिष्कार किया जाएगा। ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि यदि बहिष्कार के कारण आमजन को किसी प्रकार की असुविधा होती है, तो इसकी जिम्मेदारी कोटेदारों या उनके संगठन की नहीं, बल्कि विभाग और शासन की होगी। कोटेदारों ने शासन से न्यूनतम आय की गारंटी और लाभांश बढ़ाने पर शीघ्र निर्णय लेकर संगठन को सूचित करने का आग्रह किया है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:25 pm

धनबाद में 8 लेन सड़क पर भीषण टक्कर:कार-हाइवा की सीधी भिड़ंत में चालक गंभीर घायल, घायल को पहुंचाया अस्पताल

धनबाद जिले के भूली ओपी क्षेत्र में 8 लेन सड़क पर कार और हाइवा की आमने-सामने जोरदार टक्कर हो गई। इस हादसे में कार चालक गंभीर रूप से घायल हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कार चालक तेज रफ्तार में रॉन्ग साइड से सड़क पर आ रहा था। इसी दौरान सामने से अपने निर्धारित लेन में आ रहे हाइवा से उसकी सीधी भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। वहीं दाहिनी ओर के दोनों दरवाजे और छत भी बुरी तरह दब गए। घायल को पहुंचाया अस्पताल घटना के तुरंत बाद आसपास मौजूद स्थानीय लोग मौके पर जुट गए और राहत कार्य शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद घायल कार चालक को वाहन से बाहर निकाला गया। गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे तुरंत इलाज के लिए असर्फी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज जारी है। इधर, हादसे के बाद हाइवा चालक मौके से वाहन छोड़कर फरार हो गया, जिससे उसकी भूमिका को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते मदद नहीं मिलती, तो स्थिति और गंभीर हो सकती थी। फरार चालक की तलाश जारी हादसे की सूचना मिलते ही सबसे पहले बरवाअड्डा थाना की गश्ती टीम मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। इसके बाद भूली ओपी पुलिस को भी मामले की जानकारी दी गई। बरवाअड्डा थाना के एसआई नागेश श्रीवास्तव ने बताया कि पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया है। दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है। फिलहाल घायल कार चालक की पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस फरार हाइवा चालक की तलाश में जुटी है। मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:25 pm

फरीदाबाद में शराब ठेके के पास मिला युवक का शव:लेन-देन पर विवाद; परिजनों का पीट-पीटकर हत्या करने का आरोप

फरीदाबाद जिले के बल्लभगढ़ के सेक्टर-4 इंडस्ट्रियल एरिया स्थित एक शराब ठेके के पास रविवार रात 38 वर्षीय युवक संदिग्ध परिस्थितियों में गंभीर रूप से घायल अवस्था में मिला। परिजन उसे तुरंत निजी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक की पहचान पटेल नगर झुग्गियों निवासी प्रशांत के रूप में हुई है। परिजनों ने आरोप लगाया कि पैसों के लेनदेन के विवाद में चार से पांच लोगों ने प्रशांत की बेरहमी से पिटाई कर उसकी हत्या कर दी। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है। शराब के ठेके के पास मिला जानकारी के अनुसार रविवार रात करीब नौ बजे सेक्टर-4 इंडस्ट्रियल एरिया स्थित शराब के ठेके के पास प्रभात गंभीर हालत में पड़ा मिला। आसपास मौजूद लोगों ने उसकी पहचान कर परिजनों को सूचना दी। सूचना मिलते ही परिवार के सदस्य मौके पर पहुंचे और उसे तत्काल एक निजी अस्पताल ले गए, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। पैसे के लेन-देन को लेकर मारपीट मृतक के भाई विकास ने बताया कि प्रशांत का चावला कॉलोनी स्थित माहेश्वरी कम्युनिकेशन के संचालक शिवम के साथ पैसों का लेनदेन था। उनका आरोप है कि प्रभात लंबे समय से अपने पैसे वापस मांग रहा था, लेकिन उसे लगातार टाल दिया जा रहा था। रविवार शाम भी वह अपने पैसे लेने के लिए शिवम की दुकान पर गया था। आरोप है कि इसके बाद शिवम उसे अपने साथ सेक्टर-4 स्थित शराब ठेके के पास ले गया, जहां दोनों ने शराब पी। इसी दौरान पैसे मांगने को लेकर विवाद हो गया और वहां मौजूद चार से पांच लोगों ने मिलकर प्रशांत के साथ बुरी तरह मारपीट की, जिससे उसकी मौत हो गई। शरीर पर कई जगह चोटों के निशान परिजनों का कहना है कि प्रशांत के शरीर पर कई जगह गंभीर चोटों के निशान थे, जिससे उन्हें पूरा विश्वास है कि उसके साथ बेरहमी से मारपीट की गई। परिवार ने इस मामले में शिवम, प्रीतम और बालाजी समेत अन्य लोगों के नाम लेते हुए सभी आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। निजी कंपनी में करता था नौकरी विकास ने बताया कि प्रशांत एक निजी कंपनी में नौकरी करता था और अपने परिवार का एकमात्र सहारा था। पैसों के विवाद को लेकर वह लंबे समय से मानसिक तनाव में था। उसकी पत्नी भी उसे लगातार अपने पैसे वापस लेने के लिए कहती थी। इसी तनाव के चलते कुछ दिन पहले वह अपने मायके चली गई थी। प्रशांत अपने पीछे पत्नी और तीन छोटे बच्चों को छोड़ गया है। मामले की जांच में जुटी पुलिस घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। आसपास के लोगों से पूछताछ की गई तथा शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के वास्तविक कारण स्पष्ट हो सकेंगे। सेक्टर-8 पुलिस चौकी प्रभारी बिट्टू सिंह ने बताया कि परिजनों की शिकायत प्राप्त हो चुकी है। परिवार ने मारपीट कर हत्या करने का आरोप लगाया है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की गहन जांच कर रही है। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है। उपलब्ध साक्ष्यों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:23 pm

जयंती पर डॉ.श्यामा प्रसाद मुखर्जी को याद किया:महापौर ने की घोषणा-शास्त्री ब्रिज से बाणगंगा रेलवे क्रॉसिंग तक के रोड का नामकरण डॉ.मुखर्जी के नाम पर

शिक्षाविद, प्रखर राष्ट्रवादी चिंतक, भारतीय जनसंघ के संस्थापक और देश की एकता और अखंडता के प्रबल समर्थक डॉ.श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती पर विजय नगर चौराहे स्थित उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें याद किया। इस मौके पर जलसंसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने डॉ.मुखर्जी को पुष्पाजंलि अर्पित करते हुए उनके राष्ट्रहित में दिए गए योगदान को याद किया। उन्होंने कहा कि डॉ.श्यामा प्रसाद मुखर्जी का पूरा जीवन राष्ट्र एकता, अखंडता, सांस्कृतिक गौरव और जनसेवा के प्रति समर्पित रहा। उनके आदर्श, विचार और राष्ट्र निर्माण के लिए किए गए काम आज भी देशवासियों के लिए प्रेरणास्त्रोत हैं। इस मौके पर महापौर भार्गव ने एमआर-4 मास्टर प्लान सड़क शास्त्री ब्रिज के नीचे से बाणगंगा रेलवे क्रॉसिंग तक का नामकरण डॉ.श्यामा प्रसाद मुखर्जी के नाम से करने की घोषणा की। कार्यक्रम में उपस्थित जनप्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं ने भी डॉ.मुखर्जी के व्यतित्व एवं कृतित्व को नमन करते हुए उनके बताए रास्ते पर चलने का संकल्प लिया। वक्ताओं ने कहा कि डॉ.मुखर्जी ने राष्ट्रीय एकता और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए अपना संपूर्ण जीवन समर्पित किया और उनका त्याग और बलिदान सदैव देशवासियों के लिए प्रेरणा का स्त्रोत बना रहेगा। इस अवसर पर विधायक रमेश मेंदोला, पूर्व महापौर कृष्ण मुरारी मोघे, भाजपा नगर अध्यक्ष सुमित मिश्रा, स्वास्थ्य प्रभारी अश्विनी शुक्ल, पार्षद कमल वाघेला सहित अन्य जनप्रतिनिधि, भाजपा पदाधिकारी, पार्षदगण और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:22 pm

अलंकार अग्निहोत्री बोले- इस्तीफा मंजूर नहीं हुआ तो कोर्ट जाऊंगा:बरेली कमिश्नर ऑफिस में बयान दर्ज, राम मंदिर पर कहा- हजारों करोड़ की लूट हुई

पूर्व पीसीएस अधिकारी अलंकार अग्निहोत्री सोमवार को बरेली मंडलायुक्त कार्यालय में अपना बयान दर्ज कराने पहुंचे। उन्होंने इसके लिए पहले से सुनवाई का समय लिया था। 26 जनवरी को इस्तीफा देने के बाद से अलंकार लगातार चर्चा में बने हुए हैं। अलंकार अग्निहोत्री ने कहा कि वह आज भी अपने इस्तीफे के फैसले पर कायम हैं। यदि मेरा इस्तीफा स्वीकार नहीं किया गया तो मैं न्याय के लिए अदालत का रुख करूंगा। राम मंदिर चढ़ावा चोरी में केवल छोटे कर्मचारियों पर कार्रवाई हुई इस दौरान उन्होंने राम मंदिर से जुड़े मामलों को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए। अलंकार ने दावा किया कि राम मंदिर में बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताएं हुई हैं। उनका कहना था कि अब तक केवल छोटे कर्मचारियों पर कार्रवाई हुई है, जबकि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि अब वह सरकारी व्यवस्था का हिस्सा नहीं हैं और समाज के लिए काम करना चाहते हैं। बरेली पहुंचे अलंकार अग्निहोत्री के साथ उनके समर्थक और कार्यकर्ता भी मौजूद रहे। इस दौरान उन्होंने बताया कि उन्होंने 'राम' के नाम पर एक नई राजनीतिक पार्टी भी बनाई है। नई पार्टी का रुखउन्होंने जानकारी दी कि राम के नाम पर उन्होंने अपनी एक नई पार्टी बनाई है और अब वे इस सरकारी तंत्र से अलग होकर समाज के लिए काम करना चाहते हैं। अलंकार का दावा है कि उनकी पार्टी के साथ 18 से 19 प्रतिशत वोट बैंक जुड़ा हुआ है। उन्होंने कहा कि वे यूपी में 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव में सभी सीटों पर अपने प्रत्याशी मैदान में उतारेंगे

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:22 pm

गड्ढों की राजधानी जयपुर, यहां संभल कर चलें:2 इंच की बरसात में 10 फीट गहरे गड्डे हुए, सड़क में समाई कार; देखें तस्वीरें

मानसून सीजन में राजधानी जयपुर को पिंक सिटी के बजाए गड्ढा सिटी भी कह सकते हैं। मानसून की शुरूआत होते ही शहर में जगह-जगह सड़कें धंसने से बड़े-बड़े गड्ढे बनने शुरू हो गए हैं। मानसून के पहले दिन (शुक्रवार-3 जुलाई) ही टोंक रोड पर सड़क धंसने से बड़ा गड्ढा हो गया था। अब रविवार रात मानसरोवर, गोपालपुरा बाईपास पर भी कुछ ऐसा ही हुआ है। देर रात शहर में हुई 2 इंच से भी कम बरसात में 10 से 15 फीट गहरे गड्‌ढे हो गए। मानसरोवर में शिप्रापथ से गुर्जर की थड़ी, शांति नगर को जोड़ने वाले मार्ग पर द्रव्यवती नदी के किनारे दो जगह सड़क धंस गई। एक जगह तो करीब 20 फीट चौड़ा और 10 फीट से ज्यादा गहराई में सड़क का हिस्सा जमीन में समा गया। इसी गड्ढे से 50 मीटर दूर एक और जगह सड़क जमीन में समा गई। पानी बहने से मिट्टी का कटाव हो गया और द्रव्यवती नदी के किनारे बनी बाउंड्रीवाल से लगती सड़क पर बड़ा गड्ढा हो गया। सड़क किनारे खड़ी एसयूवी कार गड्ढे में गिरी गोपालपुरा बाइपास पर गंगा-जमुना पेट्रोल पंप के सामने देर रात बारिश के बाद वहां सड़क धंस गई। फुटपाथ के पास धंसी सड़क के किनारे खड़ी इनोवा गाड़ी भी उस गड्‌ढे में समा गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने सड़क के किनारे बैरिकेडिंग करके रास्ता बंद कर दिया था। अब सुबह क्रेन की मदद से पुलिस ने गाड़ी को बाहर निकलवाया है। जयपुर में यहां हुई इतनी बारिश देर रात से अलसुबह तक जयपुर शहर और उसके आसपास के कई इलाकों में मध्यम से तेज बरसात हुई। जयपुर में बरसात के बाद स्टेच्यू सर्किल के पास एक बड़ा पेड़ गिर गया, जिससे सुबह यहां ट्रैफिक संचालन भी प्रभावित रहा। जयपुर में देर रात से आज सुबह 8 बजे तक सबसे ज्यादा बरसात फागी-दूदू के बीच मौजमाबाद में 82MM दर्ज हुई। इसके अलावा सांगानेर में 69MM, जोबनेर में 58, फागी में 54, जालसू में 52, चाकसू में 46, जयपुर जेएलएन मार्ग पर 44.5, जयपुर शहर में कलेक्ट्रेट के आसपास 33, तूंगा में 28, कालवाड़ में 25, किशनगढ़-रेनवाल में 22, कोटखावदा में 20, फुलेरा में 17MM बरसात दर्ज हुई। शुक्रवार को मानसून की पहली बारिश में धंसी टोंक रोड़ इससे पहले शुक्रवार (3 जुलाई) को हुई बारिश ने शहर के विकास कार्यों और प्रशासनिक तैयारियों की पोल खोल दी। शुक्रवार दोपहर बाद शहर की सबसे व्यस्त सड़कों में शामिल टोंक रोड पर अचानक सड़क धंस गई थी। देखते ही देखते सड़क पर करीब 20 फीट चौड़ा और 10 फीट गहरा गड्ढा बन गया थी। सीवरेज लाइन के डक्ट में रिसाव से धंसी सड़क JDA के जोन-ए के अधिशासी अभियंता (XEN) दीपक अग्रवाल ने बताया- टोंक रोड पर पहले सीवरेज (टॉयलेट) लाइन और गैस लाइन बिछाने का काम किया गया था। इस दौरान लाइन के लिए बनाया गया डक्ट तकनीकी मानकों के अनुरूप सही तरीके से फिट नहीं किया गया था। मानसून की पहली बारिश में पानी रिसकर अंदर चला गया, जिससे नीचे की मिट्टी कमजोर हो गई और सड़क धंस गई। सिरसी रोड़ पर भी धंसी सड़क शुक्रवार हो टोंक रोड़ के अलावा सिरसी रोड़ बालाजी हॉस्पिटल के सामने भी सड़क में 20 फीट गहरा गड्‌ढा हो गया था। --- ये खबर भी पढ़ें… जयपुर में सड़कें धंसी-पेड़ टूटे, सीकर पानी-पानी:कई जिलों में 2 इंच से ज्यादा बारिश; 5 दिन भारी बरसात की चेतावनी राजस्थान के अधिकतर हिस्सों में मानसून सक्रिय हो गया है। जयपुर में देर रात हुई तेज बारिश के कारण कई सड़कें धंस गई हैं, जगह-जगह बड़े पेड़ भी टूटे हैं। सीकर जिले में भारी बरसात से हालात बिगड़े हैं। शहर के प्रमुख इलाकों में तीन फीट तक पानी भर गया है। (पूरी खबर पढ़ें)

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:21 pm

6 दिन की थी, तब कुत्ता उठा ले गया:13 की उम्र में घर छोड़ा, भीख मांगी, उसी तीजन ने दुनिया को पंडवानी सुनाई

एक 13 साल की एक लड़की... गांव का छोटा-सा मंच... चारों तरफ बैठे लोग... और हाथ में एक तंबूरा। जैसे ही उसने महाभारत की कथा शुरू की, पूरा माहौल बदल गया। कभी हाथ में पकड़ा तंबूरा भीम की गदा बन जाता, तो अगले ही पल अर्जुन का धनुष। उसकी आवाज में ऐसा दम था कि द्रौपदी का दर्द, भीम का क्रोध और कृष्ण की मुस्कान, सब एक-एक कर मंच पर उतर आते। उस दिन दुर्ग जिले के एक छोटे से गांव में शायद ही किसी ने सोचा होगा कि सार्वजनिक मंच पर गाने की वजह से समाज से ठुकराई गई यही आदिवासी लड़की एक दिन छत्तीसगढ़ की पहचान बन जाएगी और दुनिया उसे पंडवानी की सबसे बड़ी आवाज के नाम से जानेगी। वो थीं तीजन बाई। गनियारी के एक साधारण पारधी परिवार से निकली वह लड़की, जिसने गरीबी देखी, भूख देखी, घर से निकाले जाने का दर्द सहा, रिश्तों के टूटने का दुख झेला, लेकिन हाथ से तंबूरा कभी नहीं छोड़ा। यही तंबूरा आगे चलकर उनकी पहचान बना और पंडवानी को गांव की चौपाल से निकालकर दुनिया के सबसे बड़े सांस्कृतिक मंचों तक पहुंचा दिया। रविवार (5 जुलाई) को 70 साल की उम्र में तीजन बाई ने अंतिम सांस ली। लेकिन उनके साथ सिर्फ एक कलाकार का सफर खत्म नहीं हुआ, बल्कि छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति का एक ऐसा अध्याय इतिहास बन गया, जिसने महाभारत की कथाओं को सिर्फ सुनाया नहीं, बल्कि उन्हें अपनी आवाज, अभिनय और अद्भुत मंचीय प्रस्तुति से जिंदा कर दिया। आज भी जब पंडवानी का जिक्र होगा, सबसे पहले जिस चेहरे और जिस बुलंद आवाज की याद आएगी, वह तीजन बाई ही होंगी। आइए जानते हैं तीजन बाई की जिंदगी के कुछ ऐसे किस्से, जिन्होंने उन्हें गांव की एक साधारण लड़की से दुनिया में पंडवानी की सबसे बड़ी पहचान बना दिया। पहले ये तस्वीरें देखिए… 6 दिन की उम्र में कुत्ता उठा ले गया तीजन बाई के जीवन पर किताब ‘तीजनगाथा’ लिखने वाले लेखक धर्मेंद्र निर्मल बताते हैं कि ये उनकी जिंदगी का पहला संघर्ष था, जो जन्म के महज 6 दिन बाद ही शुरू हो गया था। मां सुखबती बच्ची को कपड़े में लपेटकर झोपड़ी के बाहर सुला गई थीं और खुद नहाने चली गईं। इतने में एक कुत्ता आया और नवजात को मुंह में दबाकर ले भागा। मां लौटीं तो बच्ची गायब थी। पूरे परिवार में हड़कंप मच गया। आसपास तलाश शुरू हुई। कुछ देर बाद झोपड़ी के पीछे वही कुत्ता बच्ची को कपड़े समेत दबाए बैठा मिला। किसी तरह रोटी डालकर उसे हटाया गया और बच्ची को सुरक्षित वापस ले लिया गया। शायद उसी दिन किस्मत ने तय कर दिया था कि यह बच्ची हर मुश्किल से लड़ना सीखेगी। क्योंकि इसके बाद भी जिंदगी ने उसे कभी आसान रास्ते नहीं दिए। 8 अगस्त 1956 को दुर्ग जिले के पाटन ब्लॉक के अटारी गांव के एक साधारण पारधी परिवार में जन्मीं तीजन बाई का बचपन अभावों के बीच बीता। पिता छुनुकलाल पारधी शिकार करके परिवार चलाते थे, जबकि मां सुखबती चटाई, बुहारी और दूसरी चीजें बनाकर बेचती थीं। बाद में परिवार रोजी-रोटी की तलाश में दुर्ग रेलवे स्टेशन के पास आकर रहने लगा। हालात ऐसे थे कि कई बार छोटी-सी तीजन भूख मिटाने के लिए रेलवे स्टेशन पर भीख मांगने निकल जाती थीं। इसी दौरान डायरिया की महामारी में उनके भाई की मौत हो गई और खुद तीजन भी जिंदगी और मौत के बीच झूलती रहीं। लेकिन हर बार वह लौट आईं। शायद इसलिए कि उनके हिस्से में सिर्फ संघर्ष नहीं, इतिहास भी लिखा था। 'फ्रॉक वाली तीजन'... बचपन की वही लड़की, जो बाद में पूरी दुनिया की हो गई साहित्यकार सुधा वर्मा जब भी तीजन बाई को याद करती हैं, तो उन्हें पद्म विभूषण या दुनिया भर में पंडवानी गाने वाली कलाकार नहीं, बल्कि फ्रॉक पहनकर मिट्टी में खेलती एक छोटी-सी लड़की याद आती है। वो बताती हैं कि मेरा मामा गांव महका है। भिलाई 3 के पास। हम लोग अक्सर छुट्टियों में महका गनियारी को पार करके जाते थे। वहां की डबरी को मेरे नानाजी ने बनवाया था। गांव जाते समय हम लोग वहां कभी-कभी उतर कर हाथ पैर धोते थे। हमारे मामाजी के परिवार को ये लोग अच्छे से जानते थे। हम दोनों की उम्र करीब बराबर है। तीजन वहां पर अपने घर के सामने खेलती रहती थी, उसके साथ दो तीन और बच्चे रहते थे। मुझे तो कोई मिल भर जाये, खेलना बात करना शुरू कर देती थी। मैं दौड़ते वहां चली जाती थी उसके साथ खेलती थी। वहां पर खुले में ये लोग चटाई बनाते थे और झाड़ू। मामा जी चटाई वहीं से ले जाते थे। अब उसका घर बहुत अंदर हो गया है। मैदान ही नहीं बचा है। मेरे लिये तीजन नाम अनोखा था, इस कारण ये मुझे याद रही। जब भी मामा जी आते थे तो तीजन की उन्नति के बारे में बताते थे। मेरी शादी हो गई तो एक बार गांव में ही नाचा रखे थे तब तीजन का एक घंटे का कार्यक्रम रखा था। क्योंकि मामा जी के गांव की थी। उसके बाद मैं विवेकानंद आश्रम में मिली। उसका कार्यक्रम था। वहां पहले एक महीने तक धार्मिक कार्यक्रम होते थे। उसकी पंडवानी दो घंटे तक चली। आत्मानंद जी सामने जमीन पर बैठ कर पूरा सुन रहे थे। जब वह मंच से उतरी तो हम लोग मंदिर के बाजू के कमरे के बाहर में मिले। वहां पर वह आत्मानंद भैय्या के साथ बैठी हुई थी। मां ने पूछा 'चिन्हत हस तीजन? ‘वह देखती रही फिर नहीं में सिर हिला दी। स्वामी जी हंस रहे थे। मां ने कहा ’महका मोर मइके आये। जेठूलाल झुमुकलाल मोर भाई आये।' वह तुरंत बोली, ‘रायपुर वाली फूफू अस का?’ पैर पड़ने झुकने लगी तो मां ने उसके दोनों हाथ पकड़ लिए। मां ने पूछा ‘ये कोन आये?’ ‘हां मोर संगवारी बेबी आये।’ मेरे हाथ को पकड़ कर बोली ‘मोर असन संग खेले बर आवस बहिनी।’ मुझे घर में बेबी बोलते हैं तो बहुत लोग आज भी इसी नाम से जानते हैं। हम दोनों मुस्कुराते रहे। यही हमारी सालों बाद की प्यारी मुलाकात थी। उसके बाद एक बार और कार्यक्रम हुआ था। मैं कार्यक्रम देखकर वापस आ गई। जब बड़े दाऊ से मिलने झिझकती थी तीजन पहले हम लोग बड़े थे दाऊ थे इसलिए वह मिलने में झिझकती थी। पर अब वह बड़ी हो गई थी। मुझे उससे मिलने में अच्छा नहीं लग रहा था। मिलती तो हम लोग क्या बातें करते। बचपन के प्यार भरे संबंधों के बीच में समय के अंतराल का सन्नाटा था। बिना माइक... लालटेन की रोशनी में पहला शो चंदखुरी के समाजसेवी नरसिंह चंद्राकर बताते हैं कि तीजन बाई के पिता छींद के पेड़ों से झाड़ू और चटाई बनाने का सामान काटते थे। कई बार खेत मालिक उनका टंगिया और दूसरे औजार अपने पास रख लेते थे। एक बार ऐसा ही हुआ तो उनके पिता ने खेत मालिक से कहा, ‘मेरे औजार वापस कर दो, बदले में मेरी बेटी तुम्हें भजन सुनाएगी।’ रात को गांव में लालटेन (या चिमनी) की रोशनी में छोटा-सा आयोजन हुआ। पहली बार लोगों ने उस छोटी-सी बच्ची की आवाज सुनी। उसके भजन ने गांव वालों का ध्यान खींच लिया।धीरे-धीरे चंदखुरी में यह खबर फैल गई कि एक लड़की महाभारत की कथा सुनाती है और पंडवानी गाती है। इसके कुछ समय बाद गांव के करीब 25-30 घरों के लोग जुटे। तीजन बाई ने उन्हें लगातार 3 दिनों तक पंडवानी सुनाई। उनकी प्रस्तुति से गांव के उपसरपंच भूषणलाल हरमुख इतने प्रभावित हुए कि उन्होंने उन्हें 10 रुपये इनाम दिए। यही उनकी जिंदगी का पहला सम्मान था। तीजन बाई को बचपन से ही भजन-कीर्तन और महाभारत की कथाओं का गहरा शौक था। मौका मिलता तो कभी जयद्रथ वध का प्रसंग सुनातीं, तो कभी कोई भजन गाने लगतीं। उनका ननिहाल पाटन ब्लॉक में था। उनके नाना सिर्फ तंबूरे के सहारे पंडवानी गाते थे। छोटी-सी तीजन घंटों बैठकर उन्हें सुनतीं और फिर उनकी नकल करते हुए खुद भी पंडवानी गाने का अभ्यास करतीं। गांव की महिलाएं बताती हैं कि चंदखुरी में खेतों में काम करते हुए भी वह पंडवानी गुनगुनाती रहती थीं। उनकी इसी लगन को देखकर भूषणलाल हरमुख ने उन्हें सार्वजनिक मंच पर गाने के लिए लगातार प्रोत्साहित किया। बाद में उमेद सिंह देशमुख ने उन्हें विधिवत पंडवानी का प्रशिक्षण दिया। यहीं से तीजन बाई के उस सफर की शुरुआत हुई, जिसने आगे चलकर उन्हें गांव की चौपाल से दुनिया के सबसे बड़े मंचों तक पहुंचा दिया। पंडवानी नहीं छोड़ी.. इसलिए घर टूटा, लेकिन हौसला नहीं उनकी जीवनी 'तीजन गाथा' लिखने वाले लेखक धर्मेंद्र निर्मल के मुताबिक, बचपन से ही उन्हें परिवार और समाज के विरोध का सामना करना पड़ा। बचपन में ही उनकी शादी कर दी गई थी। करीब 12 साल की उम्र में जब गौना कराने ससुराल वाले आए, तो उन्होंने पंडवानी छोड़ने की शर्त रख दी। लेकिन तीजन बाई ने साफ इनकार कर दिया। इसी फैसले के बाद उनकी पहली शादी टूट गई। समाज ने भी उनका बहिष्कार कर दिया और उन्हें घर छोड़ना पड़ा। एक छोटी-सी झोपड़ी में अकेले रहकर, पड़ोसियों से बर्तन मांगकर खाना बनाते हुए भी उन्होंने पंडवानी नहीं छोड़ी। शुरुआत में उनके नाना ने गनियारी गांव में उन्हें छोटा-सा मंच दिया। बाद में पास के चंदखुरी के देशमुख परिवार ने गांव के चौक में पंडवानी सुनाने के लिए बुलाया। उनकी प्रस्तुति इतनी लोकप्रिय हुई कि कार्यक्रम 3 हफ्ते तक चलता रहा। आसपास के गांवों से लोग उन्हें सुनने आने लगे। तीजन नाम कैसे पड़ा? धर्मेंद्र निर्मल बताते हैं कि तीजन बाई की जन्मतिथि को लेकर अलग-अलग दावे हैं। कुछ लोग 24 अप्रैल बताते हैं, जबकि कई लोगों के अनुसार उनका जन्म 1956 में तीज पर्व के दिन हुआ था। इसी वजह से उनका नाम 'तीजन' रखा गया। तीजन बाई पारधी जनजाति से थीं। इस समुदाय का पारंपरिक पेशा शिकार करना, झाड़ू बनाना और बांस या दूसरे प्राकृतिक संसाधनों से घरेलू सामान तैयार करना रहा है। औपचारिक शिक्षा नहीं होने के बावजूद उन्होंने संस्कृत महाभारत के सभी 18 पर्व सिर्फ 21 दिनों में कंठस्थ कर लिए थे। करीब 17-18 साल की उम्र में उन्होंने दूसरी शादी की। इस विवाह से उनके तीन बेटे हुए। लेकिन यह रिश्ता भी सुखद नहीं रहा। उनके पति शराब पीकर मारपीट करते थे। एक बार तो पंडवानी की प्रस्तुति के दौरान ही उन्होंने मंच पर उनकी पिटाई कर दी। इसके बाद तीजन बाई ने उनसे अलग होने का फैसला कर लिया। बाद में उन्होंने हारमोनियम वादक तुकाराम वर्मा से विवाह किया। तुकाराम उनके कार्यक्रमों का प्रबंधन भी देखते थे और मंच पर उनके साथ संगत भी करते थे। तीजन बाई ने अपने तीनों बेटों की परवरिश खुद की। बाद में उनके दो बेटों का निधन हो गया। भोपाल में आखिरी मुलाकात... जब फाइव स्टार होटल में भी ढूंढ रही थीं बोरे-बासी दुनिया के बड़े-बड़े मंचों पर पंडवानी सुनाने वाली तीजन बाई जहां भी जातीं, वहां खूब सम्मान मिलता। लेकिन विदेश यात्राओं से लौटने के बाद पत्रकारों से उनकी एक शिकायत हमेशा रहती थी -'सबले जियादा बोरे-बासी के याद आइस। (सबसे ज्यादा बोरे-बासी की याद आई।) कहते हैं, मिट्टी से जुड़ा इंसान दुनिया घूम ले, लेकिन उसका स्वाद नहीं बदलता। तीजन बाई भी ऐसी ही थीं। इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से जुड़े होमेंद्र देशमुख बताते हैं कि मई 2022 में भोपाल के कुशाभाऊ ठाकरे कन्वेंशन सेंटर में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान उनसे आखिरी मुलाकात हुई थी। अगले दिन सुबह वह होटल के कमरे में उनसे मिलने पहुंचे। सामने एक अलग ही नजारा था। फाइव स्टार होटल का स्टाफ परेशान था, क्योंकि तीजन बाई नाश्ते में बोरे-बासी खाना चाहती थीं। कर्मचारियों को समझ ही नहीं आ रहा था कि सुबह-सुबह किसी को सादा चावल, पानी और नमक कैसे परोसा जाए। होमेंद्र देशमुख कहते हैं, ‘मैंने वेटर से कहा- एक प्लेट सादा चावल, एक कटोरी नमक और पीने का पानी ले आइए। बाकी तीजन बाई खुद कर लेंगी।’ बस फिर क्या था... कुछ ही देर में चावल, पानी और नमक उनके सामने था। तीजन बाई ने अपने अंदाज में बोरे-बासी तैयार किया और बड़े चाव से खाने लगीं। देशमुख कहते हैं कि सफर के दौरान यही उनका सबसे पसंदीदा नाश्ता होता था, कई बार तो यही उनका पूरा भोजन भी बन जाता था। इसलिए वह मजाक में कहते हैं कि तीजन बाई बोरे-बासी की सबसे बड़ी ब्रांड एंबेसेडर थीं। उस सुबह दोनों के बीच लंबी बातचीत हुई। तय हुआ कि जल्द ही गनियारी जाकर उनकी जिंदगी के अनसुने किस्सों पर विस्तार से बातचीत रिकॉर्ड की जाएगी। लेकिन किस्मत को शायद कुछ और मंजूर था। भोपाल से लौटने के कुछ ही समय बाद तीजन बाई की तबीयत बिगड़ गई और वह मुलाकात कभी नहीं हो सकी। आज जब तीजन बाई इस दुनिया से विदा हो चुकी हैं, तो होमेंद्र देशमुख को भोपाल की वही सुबह सबसे ज्यादा याद आती है। उनके लिए तीजन बाई सिर्फ पद्म विभूषण से सम्मानित कलाकार नहीं थीं, बल्कि दुनिया भर में सम्मान पाने के बाद भी बोरे-बासी, छत्तीसगढ़ी बोली और अपनी मिट्टी से जुड़े रहने वाली एक सहज इंसान थीं। शायद यही उनकी सबसे बड़ी पहचान भी थी। हबीब तनवीर ने पहचानी प्रतिभा... फिर दुनिया ने सुनी पंडवानी तीजन बाई की जिंदगी का सबसे बड़ा मोड़ तब आया, जब उनकी कला पर प्रसिद्ध रंगकर्मी हबीब तनवीर की नजर पड़ी। उन्होंने तीजन बाई की प्रतिभा को पहचाना और तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के सामने प्रस्तुति देने की सिफारिश की। यही प्रस्तुति उनके जीवन का टर्निंग पॉइंट साबित हुई। इसके बाद उनकी पहचान गांव और छत्तीसगढ़ की सीमाओं से निकलकर पूरे देश में बनने लगी। साल 1986 में उन्हें भिलाई स्टील प्लांट में नौकरी मिली। यहां उनकी कला को नया मंच और नई उड़ान मिली। इसके बाद वह भारत की सांस्कृतिक दूत बनकर अमेरिका, ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी, स्विट्जरलैंड, इटली, जापान, रूस, ऑस्ट्रेलिया, तुर्की, ट्यूनीशिया समेत 15 से ज्यादा देशों तक पंडवानी की गूंज पहुंचाई। सबसे दिलचस्प बात यह रही कि जिन देशों के लोग छत्तीसगढ़ी भाषा का एक शब्द भी नहीं समझते थे, वे भी उनके अभिनय, आवाज और कहानी कहने के अंदाज से मंत्रमुग्ध हो जाते थे। उनकी लोकप्रियता सिर्फ मंचों तक सीमित नहीं रही। प्रसिद्ध फिल्मकार श्याम बेनेगल ने उन्हें अपने चर्चित टीवी धारावाहिक भारत एक खोज में भी जगह दी। इस धारावाहिक के जरिए देशभर के लाखों दर्शकों ने पहली बार पंडवानी को इतने करीब से देखा। इतनी बड़ी पहचान और सम्मान मिलने के बाद भी तीजन बाई की सादगी कभी नहीं बदली। पान की गिलौरी, छत्तीसगढ़ी बोली और गांव का अपनापन उनकी पहचान बना रहा। मंच से उतरने के बाद वह नए कलाकारों को पंडवानी सिखाने में भी उतनी ही रुचि लेती थीं। उनकी सबसे पसंदीदा प्रस्तुतियों में द्रौपदी चीरहरण का प्रसंग शामिल था। इस कथा के जरिए वह सिर्फ महाभारत नहीं सुनाती थीं, बल्कि महिलाओं के खिलाफ हिंसा और अन्याय पर समाज को सोचने का संदेश भी देती थीं। भारतीय लोककला को नई पहचान दिलाने के उनके योगदान के लिए कई विश्वविद्यालयों ने उन्हें मानद डी.लिट. की उपाधि दी। उन्हें पद्मश्री (1987), पद्मभूषण (2003), पद्मविभूषण (2019), संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार सहित अनेक राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय सम्मानों से सम्मानित किया गया। गांव की चौपाल से शुरू हुआ उनका सफर आखिरकार दुनिया के सबसे बड़े सांस्कृतिक मंचों तक पहुंचा और तीजन बाई पंडवानी की सबसे बुलंद आवाज बन गईं। ……………… इससे जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… पंडवानी को अमर कर गईं तीजन बाई:70 साल की उम्र में एम्स में अंतिम सांस ली, पैतृक गांव गनियारी में राजकीय सम्मान से अंतिम विदाई महाभारत की गूंज आज मौन हो गई। तंबूरे की वह थाप थम गई, जिसने दशकों तक भीष्म की प्रतिज्ञा, अर्जुन के गांडीव, द्रौपदी की पीड़ा और कृष्ण के संदेश को अपनी ओजस्वी वाणी(आवाज) में जीवंत किया था। छत्तीसगढ़ की लोक आत्मा और पंडवानी की अप्रतिम साधिका, पद्म विभूषण डॉ. तीजन बाई अब इस संसार में नहीं रहीं। रविवार तड़के करीब 3.15 बजे रायपुर एम्स में उन्होंने अंतिम सांस ली। वे लंबे समय से अस्वस्थ थीं। पढ़ें पूरी खबर…

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:19 pm

देवघर में डॉक्टर पर चाकू से हमला:खाने के पैसे को लेकर हुआ विवाद, 41 हजार रुपए लूटने का आरोप, एम्स में इलाजरत

देवघर जिले के पथरोल थाना क्षेत्र में एक होम्योपैथिक चिकित्सक डॉ. निर्मल प्रमाणिक पर चाकू से हमला किए जाने का मामला सामने आया है। यह घटना एक रेस्टोरेंट में हुई, जहां कथित तौर पर करीब 41 हजार रुपए की लूट भी हुई है। डॉ. प्रमाणिक मधुपुर थाना क्षेत्र के निवासी बताए जा रहे हैं। जानकारी के अनुसार, संबंधित रेस्टोरेंट उनके साले द्वारा किराए के मकान में संचालित किया जाता है। आरोप है कि मकान मालिक सनोज पासी अक्सर बिना भुगतान किए रेस्टोरेंट में भोजन करते थे, जिसको लेकर पहले भी दोनों पक्षों के बीच विवाद हो चुका था। बीती रात इसी मुद्दे को लेकर एक बार फिर कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गई। बीच-बचाव करने पहुंचे डॉक्टर पर हमला बताया गया कि विवाद बढ़ने के दौरान मकान मालिक और रेस्टोरेंट संचालक के बीच मारपीट शुरू हो गई। इसी बीच डॉ. निर्मल प्रमाणिक मौके पर पहुंचकर मामले को शांत कराने का प्रयास कर रहे थे। आरोप है कि इसी दौरान उन पर चाकू से हमला कर दिया गया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। परिजनों का यह भी आरोप है कि घटना के दौरान रेस्टोरेंट के गल्ले से करीब 41 हजार रुपए निकाल लिए गए। अचानक हुई इस घटना से इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्थानीय लोगों ने किसी तरह स्थिति को संभालने का प्रयास किया और पुलिस को सूचना दी गई। एम्स देवघर में चल रहा इलाज घटना की सूचना मिलते ही पथरोल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायल डॉक्टर को तत्काल मधुपुर अनुमंडलीय अस्पताल पहुंचाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए एम्स देवघर रेफर कर दिया गया है, जहां उनका इलाज जारी है। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए हैं। दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। रेस्टोरेंट संचालक ने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:19 pm

सुनारी-बोलिया बुजुर्ग सड़क पक्की करने की मांग:ग्रामीणों ने प्रशासन से लगाई गुहार, बच्चों को आवागमन में परेशानी

झालावाड़ जिले की ग्राम पंचायत बोलिया बुजुर्ग के ग्रामीणों ने सुनारी से बोलिया बुजुर्ग तक की कच्ची सड़क को पक्का करने की मांग की है। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस संबंध में तत्काल कार्रवाई का आग्रह किया है।ग्रामीणों के अनुसार यह सड़क लंबे समय से कच्ची है। बरसात के मौसम में आवागमन पूरी तरह बाधित हो जाता है। दिनभर बड़ी संख्या में लोग इस मार्ग का उपयोग करते हैं। बारिश के दौरान सड़क पर कीचड़ और गहरे गड्ढे हो जाते हैं, जिससे स्कूली बच्चों को सबसे ज्यादा परेशानी होती है। उन्हें कीचड़ में चलकर स्कूल जाना पड़ता है, और साइकिल से आवागमन भी मुश्किल हो जाता है। कई बच्चे फिसलकर चोटिल भी हुए हैं। कई बार बच्चे फिसलकर हो चुके चोटिलखराब सड़क के कारण बच्चों को स्कूल पहुंचने में देरी होती है और उनके कपड़े व किताबें खराब हो जाती हैं। आपातकालीन स्थितियों में एंबुलेंस और अन्य वाहन भी समय पर गांव तक नहीं पहुंच पाते, जिससे मरीजों और गर्भवती महिलाओं को कठिनाई होती है। ग्रामीणों का मानना है कि सड़क के पक्कीकरण से बच्चों की शिक्षा, ग्रामीणों की आवाजाही, स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता और क्षेत्र के विकास को गति मिलेगी। उन्होंने जिला प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से सुनारी से बोलिया बुजुर्ग तक की कच्ची सड़क को जल्द से जल्द पक्का करने की अपील की है, ताकि सुरक्षित और सुगम आवागमन सुनिश्चित हो सके।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:18 pm

रतिया की नगरपालिका में CM फ्लाइंग की रेड:करोड़ों के घोटालों की मिली शिकायत, 14 पार्षदों ने लगाए आरोप; बिलों का रिकॉर्ड खंगाला

फतेहाबाद जिले की रतिया नगरपालिका में कथित वित्तीय अनियमितताओं और विकास कार्यों में घोटालों की शिकायतों के बाद सोमवार को सीएम फ्लाइंग की टीम ने जांच शुरू की। सीएम फ्लाइंग के डीएसपी विक्रमजीत सिंह अपनी टीम के साथ नगरपालिका कार्यालय पहुंचे। उन्होंने विभिन्न रिकॉर्ड, भुगतान बिलों और विकास कार्यों से संबंधित दस्तावेजों की जांच की। इस दौरान पीडब्ल्यूडी टोहाना के एसडीओ विजय कुमार भी मौके पर मौजूद रहे। डीएसपी ने बताया कि अभी जांच प्रक्रिया चल रही है। सारी जांच पूरी होने के बाद ही कुछ बताया जा सकेगा। एक महीने पहले पार्षदों ने की थी शिकायत जानकारी के अनुसार, लगभग एक माह पूर्व नगर पालिका के 14 पार्षदों ने सीएम फ्लाइंग को लिखित शिकायत दी थी। उन्होंने वर्ष 2022 से अब तक हुए विकास कार्यों, कूड़ा उठान व्यवस्था, नगर पालिका के बाहर बरसाती पानी की निकासी, विभिन्न ठेकों और भुगतान बिलों में कथित अनियमितताओं की जांच की मांग की थी। शिकायत में सचिव और चेयरपर्सन पर करोड़ों रुपये के कथित घोटाले के आरोप लगाए गए हैं। सीएम फ्लाइंग की टीम ने शिकायत से जुड़े रिकॉर्ड और दस्तावेजों की गहन जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों ने संबंधित फाइलों और भुगतान विवरण का मिलान किया। फिलहाल जांच जारी है। इसके पूरा होने के बाद ही आरोपों की सत्यता के बारे में पता चल सकेगा।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:17 pm

बालोद में पुलिस हिरासत से फरार महिला:चोरी के मामले में पूछताछ के लिए लाई गई थी, SP ने 3 पुलिसकर्मियों को किया सस्पेंड

बालोद पुलिस हिरासत से चोरी के मामले में पूछताछ के लिए लाई गई महिला के फरार होने के मामले में पुलिस अधीक्षक ने बड़ी कार्रवाई की है। ड्यूटी के दौरान लापरवाही बरतने वाले तीन पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। विभागीय जांच में पुलिस अभिरक्षा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था में गंभीर चूक सामने आने के बाद यह कार्रवाई की गई। मिली जानकारी के अनुसार, बालोद शहर के नयापारा क्षेत्र में करीब दो लाख रुपये की चोरी के मामले में पुलिस ने रेखा सोरी को हिरासत में लिया था। रेखा सोरी मूल रूप से कलकसा-मालीघोरी की रहने वाली है, जबकि वर्तमान में वह नयापारा में रह रही थी। शनिवार को पुलिस उसे पूछताछ के लिए थाने लेकर आई थी और पुलिस अभिरक्षा में रखा गया था। पुलिस को चकमा देकर हिरासत से हुई फरार रविवार दोपहर पूछताछ के दौरान रेखा सोरी पुलिसकर्मियों को चकमा देकर हिरासत से फरार हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया। तत्काल जिलेभर में अलर्ट जारी किया गया और उसकी तलाश के लिए अलग-अलग पुलिस टीमों को रवाना किया गया। तीन पुलिसकर्मियों पर गिरी गाज मामले की विभागीय जांच में ड्यूटी पर तैनात प्रधान आरक्षक शिवराम ध्रुव, आरक्षक उमेश निषाद और महिला आरक्षक पूर्णिमा ठाकुर की लापरवाही सामने आई। इसके बाद पुलिस अधीक्षक ने तीनों को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के आदेश जारी कर दिए। फरार महिला की तलाश में जुटी पुलिस रेखा सोरी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। आसपास के थाना क्षेत्रों को भी सतर्क कर दिया गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फरार महिला को जल्द गिरफ्तार करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:16 pm

यमुना एक्सप्रेसवे पर अज्ञात वाहन ने 7 को रौंदा:6 साल की बच्ची की मौत, सड़क पार कर दूसरी लेन में जा रहे थे सभी

मथुरा में यमुना एक्सप्रेसवे पर रविवार रात करीब 12 बजे चार पहिया वाहन ने 7 लोगों को टक्कर मार दी। हादसे में 6 साल की बच्ची की मौत हो गई। जबकि 6 लोग घायल हो गए। घायलों को एक्सप्रेस वे की एंबुलेंस की मदद से भास्कर हॉस्पिटल, लक्ष्मीनगर में भर्ती कराया गया। जबकि पुलिस ने मौके पर पहुंचकर यातायात सामान्य कराया। पुलिस आरोपी की तलाश में सीसीटीवी खंगाल रही है। दरअसल, एक्सप्रेस वे पर एक स्कॉर्पियो आगे चल रही अल्टो कार से टकरा गई थी। हादसे के बाद 7 लोग स्कॉर्पियो से उतरकर सड़क पार कर कर रहे थे। तभी चार पहिया वाहन ने टक्कर मार दी। सड़क पार कर रहे थे स्कॉर्पियो सवार पुलिस के अनुसार, रविवार देर रात आगरा से नोएडा लेन पर माइलस्टोन 102.8 के पास एक स्कॉर्पियो संख्या DL4CBD7516 आगे चल रही ऑल्टो कार से टकरा गई। हादसे में स्कॉर्पियो का अगला हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया, जिससे वाहन सड़क पर ही बंद हो गया। स्कॉर्पियो चालक राहुल पुत्र मनोज कुमार निवासी विष्णु गार्डन, नई दिल्ली ने बताया कि हादसे के बाद वाहन में सवार सभी लोग उतरकर सड़क के दूसरी ओर जाने लगे। इसी दौरान आगरा की ओर से तेज रफ्तार में आए एक अज्ञात वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी और चालक मौके से फरार हो गया। यह हुए घायल हादसे में 6 वर्षीय नायरा की मौत हो गई। जबकि 4 वर्षीय तनिष्का, 32 वर्षीय दिव्या, 53 वर्षीय मीरा, 50 वर्षीय कमलेश, 55 वर्षीय मनोज कुमार और 32 वर्षीय कार्ती घायल हो गए। सभी घायल नई दिल्ली के विष्णु गार्डन क्षेत्र के निवासी हैं। सूचना मिलते ही थाना मांट पुलिस और यमुना एक्सप्रेसवे की आपातकालीन टीम मौके पर पहुंची। घायलों को जेपी एंबुलेंस से भास्कर हॉस्पिटल भेजा गया, जबकि क्षतिग्रस्त स्कॉर्पियो को क्रेन की सहायता से हटाकर यातायात सुचारु कराया गया। पुलिस टक्कर मारने वाले अज्ञात वाहन की तलाश में जुटी है।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:15 pm

कोडरमा शहर में हाथियों की दस्तक:बाउंड्रीवॉल तोड़ी, सब्जियां नष्ट; वन विभाग ने जारी की चेतावनी

कोडरमा में जंगली हाथियों का उत्पात थमने का नाम नहीं ले रहा है। अब तक ग्रामीण क्षेत्रों में सक्रिय रहने वाले हाथियों ने शहरी इलाकों की ओर रुख कर लिया है, जिससे लोगों में भय का माहौल बन गया है। रविवार देर रात सदर थाना क्षेत्र के कोलटेक्स के समीप हाथियों का एक झुंड पहुंच गया। इस दौरान हाथियों ने माहेश्वरी पांडे के घर की बाउंड्रीवॉल को ध्वस्त कर दिया। आसपास लगी साग-सब्जियों को भी रौंद दिया। अचानक हुए इस नुकसान से परिवार के साथ-साथ आसपास के लोग भी सहम गए। स्थानीय लोगों के अनुसार, रात के समय हाथियों की आवाज सुनकर लोग घरों से बाहर निकल आए, जिसके बाद इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। वन विभाग ने संभाली स्थिति हाथियों के शहरी क्षेत्र में प्रवेश की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में लोग मौके पर जमा हो गए। हालांकि, वन विभाग की टीम ने तत्काल सक्रियता दिखाते हुए स्थिति पर नजर रखना शुरू कर दिया। अधिकारियों ने लोगों को सतर्क करते हुए हाथियों से दूरी बनाए रखने की अपील की है। विभाग ने स्पष्ट रूप से कहा है कि कोई भी व्यक्ति हाथियों के पास जाने, उन्हें छेड़ने या फोटो-वीडियो बनाने के लिए भीड़ न लगाए, क्योंकि इससे खतरा और बढ़ सकता है। साथ ही रात के समय ऐसे इलाकों में अनावश्यक रूप से आवाजाही न करने की सलाह दी गई है। पहले भी तिलैया बस्ती में दिखे थे हाथी इससे पहले रविवार शाम को भी हाथियों की गतिविधि सामने आई थी, जब तीन हाथियों का एक झुंड झुमरीतिलैया के वार्ड संख्या 02 स्थित तिलैया बस्ती के आसपास देखा गया था। स्थानीय युवकों ने इसकी सूचना वन विभाग को दी। जिसके बाद टीम मौके पर पहुंची और हाथियों को जंगल की ओर खदेड़ दिया गया। लगातार हो रही इन घटनाओं से यह स्पष्ट है कि क्षेत्र में हाथियों की आवाजाही बढ़ गई है, जो लोगों के लिए खतरे का संकेत है। प्रशासन ने ग्रामीणों और शहरी लोगों से अपील की है कि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत वन विभाग या स्थानीय प्रशासन को सूचित करें।

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:13 pm

रीवा जोन में MD ड्रग्स फैक्ट्री का भंडाफोड़:मऊगंज से करोड़ों का माल जब्त, 4 आरोपी गिरफ्तार; मुंबई कनेक्शन की जांच में जुटी पुलिस

मध्य प्रदेश पुलिस ने नशे के खिलाफ कार्रवाई करते हुए रीवा जोन में एमडी ड्रग्स निर्माण फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है। यह फैक्ट्री मऊगंज जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिझौली गांव में संचालित हो रही थी। पुलिस ने रविवार रात छापेमारी के दौरान करोड़ों रुपए मूल्य की संदिग्ध एमडी ड्रग्स, बड़ी मात्रा में केमिकल, एसिड और ड्रग्स बनाने में इस्तेमाल होने वाले उपकरण जब्त किए हैं। मौके से चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, साथ ही एक लग्जरी चार पहिया वाहन भी बरामद हुआ है। रीवा जोन के आईजी के निर्देशन में कार्रवाई यह कार्रवाई रीवा जोन के आईजी गौरव राजपूत के निर्देशन में की गई। मऊगंज एसपी एस.के. जैन और एसडीओपी सची पाठक ने टीम का नेतृत्व किया। पुलिस को बिझौली गांव में अवैध सिंथेटिक ड्रग्स निर्माण की मुखबिर से सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर, पुलिस की विशेष टीम ने भारी बल के साथ दबिश दी और इस अवैध फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया। प्रारंभिक जांच में पुलिस को संदेह है कि यहां तैयार होने वाली एमडी ड्रग्स की सप्लाई रीवा के रास्ते अन्य राज्यों, खासकर मुंबई तक की जाती थी। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी पुलिस ने बताया कि इस नेटवर्क, सप्लाई चेन और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका की जांच जारी है। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर और गिरफ्तारियां होने की संभावना है। प्रदेश पुलिस मुख्यालय ने इस कार्रवाई की सराहना की है। पुलिस महानिदेशक ने आईजी गौरव राजपूत, मऊगंज पुलिस और पूरी टीम की प्रशंसा की। आईजी ने कार्रवाई में शामिल अधिकारियों और पुलिसकर्मियों को पुरस्कृत करने की घोषणा की है। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है और उनके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है। नेटवर्क का पता लगा रही पुलिस पुलिस ने स्पष्ट किया है कि मुंबई तक सप्लाई, बरामद माल की अनुमानित कीमत और नेटवर्क से जुड़े अन्य दावे अभी प्रारंभिक जांच पर आधारित हैं। इनकी विस्तृत पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी। गिरफ्तार चारों आरोपियों के नाम चंदन सिंह (26) पिता राकेश सिंह, निवासी सोनवर्षा, थाना गढ़, जिला रीवा अशोक गुप्ता (40) पिता मिथिलेश गुप्ता, निवासी लालगांव, थाना गढ़, जिला रीवा पीकचन्द्र यादव (21) पिता रोशनलाल यादव, निवासी सोनवर्षा, थाना गढ़, जिला रीवा ऋषभ सेन (18) पिता रामनारायण सेन, निवासी शुकुलगवां, थाना गोविन्दगढ़, जिला रीवा

दैनिक भास्कर 6 Jul 2026 12:09 pm