पंपंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष परगट सिंह ने शनिवार को जालंधर के कुक्कड़ पिंड स्थित दाना मंडी का दौरा कर धान की खरीद और व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार पर धान खरीद में लगभग 1000 करोड़ रुपये के बड़े घोटाले का आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री भगवंत मान के इस्तीफे की मांग की। छावनी के मुख्य यार्ड कुक्कड़ पिंड मंडी पहुंचे परगट सिंह ने कहा कि नियमों को ताक पर रखकर हर जगह महज एक ही सेलर तय किया गया है, जबकि नियमानुसार दो-दो एजेंसियां होनी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने सैलरों के साथ सीधा सौदा कर लिया है और प्रति कट्टा 200 रुपये तक की कटौती की जा रही है। इस हिसाब से पूरे पंजाब में किसानों व आढ़तियों से करीब 1,000 करोड़ रुपये की लूट की जा रही है। अब लाला जी लूट खसूट करके भाग चुके हैं मुख्यमंत्री पर तीखा हमला बोलते हुए कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा, पूरा पंजाब और राज्य के कर्मचारी आज सड़कों पर हैं। फसल अच्छी होने के बावजूद सरकार ने कोई अग्रिम प्रबंधन नहीं किया। अगर सीएम के पल्ले कुछ नहीं है, तो उन्हें कुर्सी छोड़ देनी चाहिए। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि पहले भगवंत मान के साथ केजरीवाल की फोटो लगती थी, लेकिन अब 'लाला जी' लूट-खसूट करके भाग चुके हैं और अब इसका खामियाजा भगवंत मान एंड कंपनी को भुगतना पड़ेगा। परविंदर झोटा हत्याकांड और ड्रग्स मुद्दे पर घेरा परविंदर सिंह झोटा हत्याकांड का जिक्र करते हुए परगट सिंह ने झोटा के पिता की हिम्मत को सलाम किया। उन्होंने पुलिस और सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा कि 5 आपराधिक मामलों वाले व्यक्ति को तीन महीने के भीतर आर्म्स लाइसेंस दे दिया गया। हत्या के सात-आठ दिन बाद इलाके के 10 मेडिकल लाइसेंस रद्द करना यह साबित करता है कि सरकार की शह पर मेडिकल नशा बिक रहा था और राज्य के स्वास्थ्य मंत्री पूरी तरह विफल रहे हैं। विधानसभा सत्र और अमित शाह पर साधा निशाना विधानसभा सत्र पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि सरकार विपक्ष का सामना करने से डरती है, इसलिए विपक्ष को बोलने तक का मौका नहीं दिया गया। वहीं केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के 'पंजाब में एनडीए सरकार बनने' वाले बयान पर पलटवार करते हुए परगट सिंह ने कहा कि 8 साल से गृह मंत्री रहने के बावजूद शाह को पंजाब में ड्रग्स और कानून-व्यवस्था की जमीनी हकीकत का अंदाजा नहीं है। उन्होंने अकाली दल पर भी निशाना साधते हुए कहा कि सुखबीर बादल ने कृषि कानूनों का समर्थन कर 750 किसानों की शहादत में भूमिका निभाई थी।
Amit Shah ने Delhi Police मुख्यालय में की उच्च स्तरीय बैठक, LG और CM रहे मौजूद
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शनिवार को दिल्ली पुलिस मुख्यालय में दिल्ली पुलिस के शीर्ष अधिकारियों के साथ एक उच्च-स्तरीय बैठक की। इस बैठक में दिल्ली के उपराज्यपाल और दिल्ली के मुख्यमंत्री भी शामिल हुए। गृह मंत्री अमित शाह ने पिछले पांच वर्षों के लिए दिल्ली पुलिस की कार्य-निष्पादन रिपोर्ट की समीक्षा की। बैठक में कई अहम मुद्दों पर चर्चा हुई, जिनमें पिछले पांच महीनों के दौरान दिल्ली में हुए विरोध-प्रदर्शन, महिलाओं की सुरक्षा और पुलिसकर्मियों पर हुए हमले शामिल थे। इसे भी पढ़ें: Punjab Politics में नया मोड़: Sukhbir Badal ने दिए BJP के साथ गठबंधन के सीधे संकेत इस बैठक में दिल्ली की कानून-व्यवस्था, पुलिस और जनता के बीच सीधे संवाद, तथा नशीले पदार्थों, गैंगवार और गैंगस्टरों के खिलाफ की गई कार्रवाई पर चर्चा हुई। बैठक में दिल्ली पुलिस कमिश्नर के साथ-साथ सभी स्पेशल CP, जॉइंट CP, DCP, और स्पेशल सेल तथा क्राइम ब्रांच के अधिकारी शामिल हुए। यह बैठक ऐसे समय में हुई है जब विपक्षी दलों और छात्र संगठनों ने मतदाता सूची के 'स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन' (SIR) को लेकर भारत निर्वाचन आयोग (ECI) के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया है। विपक्षी दलों ने इस प्रक्रिया में गड़बड़ी का आरोप लगाया है और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की है। शुक्रवार को कई वामपंथी दलों और छात्र नेताओं ने बांग्ला साहिब गुरुद्वारे के पास मार्च निकाला। उन्होंने कुमार को हटाने की मांग की और SIR प्रक्रिया का विरोध किया। बांग्ला साहिब गुरुद्वारे से जंतर-मंतर की ओर बड़ी संख्या में लोगों के आने की संभावना को देखते हुए, दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने एक एडवाइजरी जारी की। इसमें दोपहर 1 बजे से शाम 5 बजे के बीच ट्रैफिक डायवर्जन की जानकारी दी गई है। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे प्रभावित रास्तों से बचें, अपनी यात्रा की योजना पहले से बना लें और ट्रैफिक पुलिस के निर्देशों का पालन करें। इसे भी पढ़ें: BJP विस्तार से Article 370 हटाने तक, गृह मंत्री Amit Shah का ऐसा रहा राजनीतिक सफर यह विरोध प्रदर्शन अब यूनिवर्सिटी परिसरों तक भी पहुंच गया है। जामिया मिलिया इस्लामिया (JMI) के पांच छात्रों की भूख हड़ताल शनिवार को 13वें दिन में प्रवेश कर गई। छात्र 'जामिया मिलिया इस्लामिया स्टूडेंट्स यूनियन' (JMISU) को बहाल करने और यूनिवर्सिटी के चीफ प्रॉक्टर को हटाने की मांग कर रहे हैं। उनका आरोप है कि प्रदर्शनकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। प्रदर्शन की शुरुआत से ही भूख हड़ताल पर बैठे जासिम अली खान ने यूनिवर्सिटी प्रशासन पर दमनकारी कार्रवाई करने का आरोप लगाया और छात्रों के निलंबन को रद्द करने की मांग की।
पंजाब में 12784 लोगों के खाते में भेजे गए 65.20 करोड़ रुपये, ऐसे उठाएं आशीर्वाद योजना का लाभ
Punjab Aashirwad Scheme: पंजाब में अनुसूचित जाति वर्ग के 9,183 और पिछड़ा वर्ग तथा आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के 4,342 लाभार्थियों के मामलों में सहायता जारी करने की प्रक्रिया चल रही है।
हनुमानगढ़ पुलिस ने 'ऑपरेशन चक्रव्यूह' के तहत 3 ड्रग तस्करों को गिरफ्तार किया है। उनके पास से 191 ग्राम हेरोइन और एक महिंद्रा XUV 500 कार जब्त की गई है। जिला पुलिस अधीक्षक बी. आदित्य के निर्देश पर मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा था। इसी दौरान गोलूवाला थाना पुलिस ने गश्त के समय गुरविंदर सिंह (26), राजाराम (25) और गुरपिंदर सिंह (27) को पकड़ा। तीनों आरोपी पंजाब के तरनतारन और फिरोजपुर जिलों के रहने वाले हैं। पुलिस ने उनके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज किया है। मामले की जांच हनुमानगढ़ टाउन थानाधिकारी लखवीर सिंह को सौंपी गई है। एसआई गुरदेव सिंह और उनकी टीम ने यह कार्रवाई की। इसमें एजीटीएफ और डीएसटी टीम का भी सहयोग रहा।
कैथल में पंजाब का ठग गिरफ्तार:परिवार को कनाडा भेजने के नाम पर हड़पे थे ₹63 लाख, एक दिन के रिमांड पर
कैथल में युवक को विदेश भेजने के नाम पर करीब 63 लाख 60 हजार रुपए की धोखाधड़ी के मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने युवक को परिवार सहित कनाडा भेजने और वर्क परमिट दिलाने का आश्वासन दिया था। पकड़े गए आरोपी की पहचान मोतिया हरमोनी सिटी मोहाली निवासी ऋषभ के रूप में हुई है। SP मनप्रीत सिंह सूदन ने बताया कि मामले की जांच एंटी इमिग्रेशन सेल प्रभारी PSI अमन की अगुवाई में एएसआई जसबीर सिंह द्वारा करते हुए आरोपी मोतिया हरमोनी सिटी मोहाली निवासी ऋषभ को गिरफ्तार कर लिया गया। व्यापक पूछताछ के लिए आरोपी का अदालत से एक दिन पुलिस रिमांड हासिल किया गया है। कंस्ट्रक्शन सुपरवाइजर का वर्क परमिट चाहता था युवक सिमरनजीत सिंह निवासी गांव हाबड़ी की शिकायत अनुसार वह खेतीबाड़ी करता है और करीब 7 साल कनाडा में पढ़ाई करने के बाद मार्च 2025 में भारत लौटा था। इसके बाद वह अपने परिवार सहित दोबारा कनाडा जाने और वहां कंस्ट्रक्शन सुपरवाइजर के पद पर वर्क परमिट प्राप्त करने का इच्छुक था। इसी दौरान उसने फेसबुक पर चंडीगढ़ स्थित ग्रे इमिग्रेशन लॉ फर्म का विज्ञापन देखा। विज्ञापन के माध्यम से संपर्क करने पर कुछ व्यक्तियों ने स्वयं को इमिग्रेशन विशेषज्ञ बताते हुए उसे परिवार सहित कनाडा भेजने और वर्क परमिट दिलाने का आश्वासन दिया। इसके बाद उसकी बातचीत प्रदीप कुमार, गुरदीप सिंह, रेशब और रमित कुमार सहित अन्य व्यक्तियों से होने लगी। अक्टूबर 2025 में प्रदीप कुमार और गुरदीप सिंह ने शिकायतकर्ता को कैथल बाइपास, पूंडरी-कैथल रोड पर बुलाया। प्रति व्यक्ति 30 लाख रुपए की मांगे वहां कनाडा भेजने के लिए प्रति व्यक्ति करीब 30 लाख रुपए की मांग की गई। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि उसने नकदी, पासपोर्ट और आवश्यक दस्तावेज आरोपियों को सौंप दिए। इसके बाद वीजा फीस, एंबेसी फीस, वर्क परमिट संबंधी खर्च तथा अन्य प्रक्रियाओं के नाम पर अलग-अलग तारीखों में बैंक खातों, ऑनलाइन माध्यमों और नकद के जरिए रकम दी। आरोपियों ने बाद में उसके भाई बेअंत सिंह तथा गांव के अन्य व्यक्तियों गुरशरण सिंह और निहाल सिंह के परिवार को भी कनाडा भेजने का भरोसा दिया। कई बार रकम जमा करवाई अक्टूबर 2025 से फरवरी 2026 के दौरान आरोपियों के कहने पर विभिन्न बैंक खातों में कई बार रकम जमा करवाई गई। इनमें वीजा एवं एंबेसी फीस, फाइल चार्ज, कथित अतिरिक्त प्रक्रिया शुल्क और अन्य खर्चों के नाम पर भुगतान शामिल था। फरवरी 2026 के अंतिम दिनों में वह अपने भाई और अन्य व्यक्ति के साथ चंडीगढ़ स्थित प्राइम इमिग्रेशन सर्विस के कार्यालय पहुंचा, जहां आरोपियों को अंतिम भुगतान के तौर पर 10 लाख रुपए नकद दिए गए। इसके बावजूद उन्हें कनाडा का वीजा और वर्क परमिट नहीं मिला। बाद में जब उसने अपने पैसे, पासपोर्ट और अन्य दस्तावेज वापस मांगे तो उसे कथित तौर पर टालमटोल का सामना करना पड़ा। आरोपियों ने रकम की गारंटी के तौर पर विभिन्न बैंक खातों के चार चेक भी दिए थे। जब उसने निर्धारित समय पर चेक बैंक में लगाए तो भुगतान नहीं हो सका। शिकायतकर्ता अनुसार उससे करीब 63.60 लाख रुपए की धोखाधड़ी की गई।
रूपनगर जिले के गांव कोटला की महज पांच वर्षीय बच्ची वैलेंटिना मेहर तूर ने ऑस्ट्रेलिया की धरती पर अपने परिवार और पंजाब का नाम रोशन किया है। वैलेंटिना ने एडिलेड में आयोजित 'मल्टीकल्चरल गेम्स' की जिम्नास्टिक प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन करते हुए कुल चार पदक अपने नाम किए हैं। एक गोल्ड समेत जीते 4 पदक नवराज तूर और एमिली तूर की बेटी वैलेंटिना अपने परिवार के साथ ऑस्ट्रेलिया के एडिलेड में रहती है। उसने इस अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में अपनी खेल प्रतिभा का लोहा मनवाते हुए 1 स्वर्ण (Gold), 1 रजत (Silver) और 2 कांस्य (Bronze) पदक हासिल किए हैं। पैतृक गांव कोटला में खुशी की लहर महज 5 साल की मासूम उम्र में वैलेंटिना की इस बड़ी उपलब्धि से उसके पैतृक गांव कोटला और पूरे रूपनगर जिले में खुशी का माहौल है। इतनी छोटी उम्र में चार पदक जीतना उसकी कड़ी मेहनत और खेल के प्रति अद्भुत लगन को दर्शाता है। उसकी इस सफलता पर परिवार और क्षेत्रवासी गर्व महसूस कर रहे हैं।
विधानसभा में SIR से लेकर नशे पर सियासी टकराव, देखें पंजाब आजतक
पंजाब विधानसभा के दूसरे दिन सदन में SIR से लेकर नशे तक के मुद्दे पर सियासी टकराव देखने को मिला. एक तरफ भगवंत मान सरकार ने SIR और मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रस्ताव पेश कर चुनाव आयोग की जवाबदेही पर सवाल उठाया. तो दूसरी तरफ कांग्रेस ने पंजाब से जुड़े मुद्दों पर चर्चा नहीं होने का आरोप लगाकर हंगामा किया. बीजेपी भी नशे के मुद्दे पर सरकार को घेरती नजर आई. देखें पंजाब आजतक.
Samajwadi Party प्रमुख Akhilesh Yadav की ECI से अपील, चुनावी धांधली के सबूतों पर लें संज्ञान
समाजवादी पार्टी (सपा) प्रमुख अखिलेश यादव ने शनिवार को भारत निर्वाचन आयोग (ECI) से आग्रह किया कि वह उनकी पार्टी द्वारा जुटाई गई उन हजारों शपथ-पत्रों की जांच करे, जो कथित चुनावी गड़बड़ियों और अनियमितताओं से संबंधित हैं। X पर एक पोस्ट में, उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री ने हाल के घटनाक्रमों को एक अच्छी शुरुआत बताया और चुनाव आयोग से आग्रह किया कि वह पार्टी द्वारा जुटाए गए सबूतों पर कार्रवाई करे। इसे भी पढ़ें: CEC Gyanesh Kumar के कार्यकाल की हो जांच, Punjab Assembly में प्रस्ताव पास यादव ने कहा कि खैर, यह एक अच्छी शुरुआत है - अब शायद चुनाव आयोग भी उन हज़ारों हलफनामों पर संज्ञान लेगा, जिन्हें हमने चुनावी गड़बड़ियों और घोटालों के संबंध में इकट्ठा किया है। समाजवादी पार्टी ने लगातार चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता को लेकर चिंता जताई है। हाल के चुनावों में पार्टी ने अक्सर मतदाताओं को रोकने, प्रशासन के पक्षपाती रवैये और मतदान के दौरान गड़बड़ियों के आरोप लगाए हैं। पार्टी नेतृत्व का दावा है कि उन्होंने अलग-अलग निर्वाचन क्षेत्रों के प्रभावित मतदाताओं और पोलिंग एजेंटों से हस्ताक्षरित हलफनामे लेकर इन कथित अनियमितताओं का दस्तावेज़ीकरण किया है। इससे पहले, 23 अक्टूबर को समाजवादी पार्टी (सपा) प्रमुख अखिलेश यादव ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर एमएलसी (स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र) चुनावों में चुनावी गड़बड़ियां करने का आरोप लगाया था। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन और भ्रष्ट अधिकारी मिलकर मतदाताओं को वोट डालने से रोकने का काम कर रहे थे। इसे भी पढ़ें: Mumbai Mayor के दफ्तर, Amitabh Bachchan के आवास और Diljit Dosanjh के शो पर बम हमले की धमकी समाजवादी पार्टी प्रमुख ने दावा किया कि इन कथित अनियमितताओं के बावजूद सत्ताधारी पार्टी चुनाव हार जाएगी। यादव ने दावा किया कि उत्तर प्रदेश में शिक्षक और स्नातक मतदाता मौजूदा सरकार से नाराज थे और उन्होंने बड़ी संख्या में भाजपा के खिलाफ वोट दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि आगरा, फतेहपुर, इटावा, औरैया, मुजफ्फरनगर, गाजियाबाद और नोएडा सहित कई जिलों में अपनी हार को भांपते हुए, सत्ताधारी पार्टी ने धांधली का सहारा लिया। यादव ने पत्रकारों से कहा कि आगरा, फतेहपुर, इटावा, औरैया, मुजफ्फरनगर और गाजियाबाद व नोएडा सहित कई अन्य जिलों में अपनी हार को देखते हुए, उन्होंने धांधली की। वे जानते हैं कि जनता उनके 'वोट की चोरी' को समझ गई है, इसलिए प्रशासन और भ्रष्ट अधिकारियों ने मिलीभगत करके लोगों को वोट डालने से रोकने की कोशिश की है।
पंजाब के गुरदासपुर स्थित एक स्पिरिट फैक्ट्री में काम करने के दौरान हादसे में सहरसा के मजदूर की मौत हो गई। शनिवार की सुबह मृतक का शव एंबुलेंस से बटराहा मोहल्ला पहुंचते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मृतक की पहचान नगर निगम के वार्ड नंबर 35 स्थित बटराहा मोहल्ला निवासी चंद्र यादव के बेटे विपिन यादव(40) के रूप में हुई है। 2 साल से स्पिरिट फैक्ट्री में करता था काम विपिन पंजाब के गुरदासपुर स्थित एक स्पिरिट फैक्ट्री में मजदूरी करता था। वह पिछले दो वर्षों से वहां काम कर रहा था। हालांकि,परिजनों के अनुसार वह छह महीने पहले ही दोबारा फैक्ट्री में काम करने के लिए सहरसा से पंजाब गया था। घटना 22 अक्टूबर की सुबह की है। फैक्ट्री में मशीन का फीता चढ़ाने के दौरान उसका दाहिना हाथ बुरी तरह कट गया। परिजनों का आरोप है कि हादसे के बाद उसे समय पर अस्पताल नहीं पहुंचाया गया, जिसके कारण उसकी मौत हो गई। फैक्ट्री मालिक पर लापरवाही का आरोप मृतक के बड़े दामाद ब्रजेश कुमार ने बताया कि फैक्ट्री प्रबंधन की लापरवाही के कारण विपिन की जान गई है। परिजनों ने फैक्ट्री मालिक पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि अब तक परिवार को किसी तरह का मुआवजा नहीं दिया गया है। घटना के बाद शव को एंबुलेंस से सहरसा भेज दिया गया। इधर, घटना की जानकारी मिलने पर जिला परिषद के उपाध्यक्ष धीरेंद्र यादव पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे। उन्होंने बिहार सरकार से पंजाब सरकार के साथ बातचीत कर पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा दिलाने की मांग की। वहीं,राजद के नगर अध्यक्ष इंजीनियर कौशल यादव ने भी परिजनों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी।उन्होंने कहा कि बिहार के मजदूर रोजगार की तलाश में दूसरे प्रदेशों में पलायन करने को मजबूर हैं,जहां आए दिन उनकी जान जा रही है। उन्होंने पंजाब सरकार से पीड़ित परिवार को 50 लाख रुपए मुआवजा और एक सरकारी नौकरी देने की मांग की। विपिन दो भाइयों में सबसे बड़ा था परिवार में वही एकमात्र कमाने वाला था। उसकी मौत के बाद परिवार के सामने अब रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। परिजनों को चिंता सता रही है कि अब घर का खर्च और बच्चों की परवरिश कैसे होगी।
पाकिस्तान बॉर्डर से सटे श्रीगंगानगर जिले के रावला मंडी इलाके में 12 अक्टूबर को एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) की आरडीएक्स और हथियारों के खिलाफ की गई कार्रवाई शक के घेरे में आ गई है। कार्रवाई का मास्टरमाइंड ANTF का ही एक कॉन्स्टेबल बताया जा रहा है। यह कॉन्स्टेबल पंजाब के दोनों बदमाशों लखविंदर और सुखविंदर से कार्रवाई से पहले ही मिला हुआ था। कॉन्स्टेबल ने अपने ही एक सोर्स से इन बदमाशों को वह मोबाइल उपलब्ध कराया, जिससे पाकिस्तान में बैठे विस्फोटक व ड्रग्स डीलर चाचा मिया से डील की। हालांकि ANTF आईजी का कहना है कि आरोप गलत हैं,जांच में सच सामने आ जाएगा। पढ़िए पूरी रिपोर्ट… सुखविंदर व लखविंदर पंजाब के फज्लिका थाने पर ग्रेनेड हमले के मामले में फरार थे। उन्हें गिरफ्तार कराने के बजाय कॉन्स्टेबल ने उन्हें वांटेड तस्कर रघुवीरसिंह की मदद से शरण दी। इतना ही नहीं ड्राॅपिंग पॉइंट पर एक कार व एक बाइक से रेकी की गई थी। कॉन्स्टेबल की मूवमेंट भी वहीं थी। पूरे मामले में सबसे बड़ा शक टाइमिंग और गोपनीयता को लेकर हो रहा है। 3 कारणों से शक के घेरे में पूरी कार्रवाई ANTF कॉन्स्टेबल की भूमिका पर इसलिए संदेह… ANTF को यह करना था बॉर्डर पार से हथियारों की तस्करी का इनपुट मिलने पर टीम को स्थानीय पुलिस, सीआईडी और बीएसएफ जैसी सहयोगी बॉर्डर एजेंसियों के साथ इंफॉर्मेशन शेयर कर संयुक्त रूप से नाकेबंदी करनी थी, ताकि आरोपियों को रंगे हाथों पकड़ा जा सके। पंजाब में ब्लास्ट कर भागे सुखविंदर व लखविंदर नाम के बदमाशों के बारे में लोकल पुलिस के माध्यम से पंजाब पुलिस तक इनपुट देना था। पंजाब में फरार ड्रग्स तस्कर रघुवीरसिंह की गिरफ्तारी के लिए लोकल पुलिस को सूचना देनी थी। …लेकिन किया ये टीम ने अन्य एजेंसियों को दरकिनार किया। वांटेड अपराधियों के जरिए आरोपियों को पनाह दिलवाई और खुद ही डिलीवरी नेटवर्क का हिस्सा बनकर आरडीएक्स को आगे बढ़ने दिया। यह साफ तौर पर 'कंट्रोल्ड डिलीवरी' या 'प्रायोजित स्टिंग' का रूप ले चुका था। जानिए क्या हुआ था 12-13 अक्टूबर की रात रात 9.30 बजे एएनटीएफ के संदिग्ध कांस्टेबल और उसकी टीम ने रावला मंडी के 12 केएनडी (चक 4 केएनएम) इलाके में पंजाब के दोनों बदमाशों को भारी मात्रा में RDX, तुर्की निर्मित पिस्तौल और 650 से अधिक जिंदा कारतूसों के साथ पकड़ा। 10 बजे रावला मंडी थाने के दो कॉन्स्टेबल मौके पर पहुंचे। वहां मौजूद एएनटीएफ की टीम ने दबाव बनाकर उन्हें मौके से वापस भेज दिया। रात 11 से सुबह 4 बजे तक इस संवेदनशील रिकवरी की जानकारी न तो रावला थाना प्रभारी को दी, न सीमा पर तैनात बीएसएफ (BSF) को और न ही लोकल इंटेलिजेंस/सीआईडी को। सुबह 8 बजे बाद रावला मंडी थाने में आरोपियों के खिलाफ आर्म्स एक्ट, एक्सप्लोसिव सब्सटेंस एक्ट और यूएपीए (UAPA) की गंभीर धाराओं में एफआईआर दर्ज की। दोपहर बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस की। एएनटीएफ के उच्चाधिकारियों ने जयपुर से बम निरोधक दस्ता बुलाया और सीआईडी एएसपी की मौजूदगी में रावला के सुनसान इलाके में ही तीन धमाके कर उस आरडीएक्स को नष्ट (डिफ्यूज) कर दिया। इस जल्दबाजी पर सवाल भी उठने लगते हैं। आईजी का दावा: आरोप गलत, जांच में सच सामने आ जाएगा ANTF आईजी विकास कुमार का कहना है कि हमारी टीम ने बहुत ही सराहनीय कार्य किया है। बदमाशों के पाकिस्तान नेटवर्क का खुलासा किया है। ANTF की टीम में शामिल कांस्टेबल की किसी तरह की संदिग्ध भूमिका की मुझे जानकारो नहीं है। ऐसे आरोप गलत हैं। ATS जांच भी कर रही है। जांच में सब सामने आ जाएगा। एक्सपर्ट व्यू: बॉर्डर पार से हथियार ड्रॉपिंग होने पर बीएसएफ व इंटेलीजेंस एजेंसी को सूचना देना जरूरी बीएसएफ के रिटायर्ड आईजी मूलचंद पंवार ने बताया कि बॉर्डर पार से हथियार या अन्य किसी तरह की विस्फोटक सामग्री गिराए जाने पर सबसे पहले लोकल पुलिस को सूचना मिलते ही बीएसएफ के साथ बार्डर इंटेलीजेंस एंजेसियों को सूचना देना जरुरी है। बीएसएफ की इंटेलीजेंस एजेंसी की रिपोर्ट पर गृह मंत्रालय ऐसे मामले की जांच NIA को देती है। इस केस में किसी एजेंसी ने हथियार जब्त किए, तो बीएसएफ या बॉर्डर इंटेलीजेंस को सूचना देरी से क्यों दी? एनआईए या अन्य इंटेलीजेंस एजेंसी इसका पता लगाएगी।
New Delhi, 24 अक्टूबर . राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने पंजाब Government की ‘Chief Minister तीर्थ यात्रा योजना’ के तहत इस्तेमाल की जा रही एसी स्लीपर बसों को…
हरियाणा में बाजरा, तो पंजाब में मक्का, जानें ठंड में देश के किस कोने में खाई जाती है कौन सी रोटी
सर्दी आते ही बदल जाता है थाली का मिजाज, जानिए भारत के अलग-अलग राज्यों की खास रोटियां.
पंजाब में आज बारिश को लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है। आज 40 किमी की रफ्तार से हवाएं चलने के भी आसार हैं।
खेडां वतन पंजाब दियां के तहत चल रहे राज्य स्तरीय मुकाबले
भास्कर न्यूज़ | लुधियाना. ‘खेडां वतन पंजाब दियां 2026' के तहत राज्य स्तरीय खेलों के दूसरे चरण में बास्केटबॉल प्रतियोगिताएं आयोजित की जा रही हैं। आयोजन में अंडर-14, 17, 21, 21-30 और 31-40 आयु वर्ग के मुकाबले लड़के-लड़कियों के लिए रखे गए हैं। प्रतियोगिताएं जिला लुधियाना में जिला प्रशासन के सहयोग से खेल विभाग द्वारा कराई जा रही हैं। इस चरण का संचालन माननीय डिप्टी कमिश्नर हिमांशु जैन के नेतृत्व में किया जा रहा है। आयोजकों के अनुसार 21-30 मेल ग्रुप के फाइनल मुकाबलों में जिला लुधियाना की टीम ने पहला स्थान हासिल किया, जबकि जिला जालंधर की टीम दूसरे स्थान पर रही। जिला पटियाला की टीम को तीसरा स्थान मिला। इसी तरह 31-40 मेल ग्रुप के फाइनल मुकाबलों में जिला फरीदकोट की टीम ने पहला स्थान प्राप्त किया। जिला गुरदासपुर की टीम ने दूसरा स्थान और जिला अमृतसर साहिब की टीम ने तीसरा स्थान हासिल किया। जानकारी जिला खेल अधिकारी, लुधियाना की ओर से दी गई। बास्केटबॉल खेलते खिलाड़ी।
Saharanpur News: वेस्ट यूपी समेत हरियाणा, पंजाब, हिमाचल प्रदेश के लिए होती है पटाखों की सप्लाई
Firecrackers are supplied to Western UP, as well as to Haryana, Punjab, and Himachal Pradesh.
Punjab Assembly से कांग्रेस विधायक Sukhpal Khaira मौजूदा सत्र के लिए सस्पेंड
पंजाब विधानसभा ने शुक्रवार को कांग्रेस विधायक सुखपाल सिंह खैरा के खिलाफ प्रस्ताव पारित करते हुए उन्हें मौजूदा सत्र की शेष अवधि के लिए निलंबित कर दिया। यह कदम वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा की ओर से खैरा के खिलाफ प्रस्ताव पेश किए जाने के बाद उठाया गया। चीमा ने आरोप लगाया कि खैरा ने पीठासीन अधिकारी के खिलाफ असंसदीय भाषा का इस्तेमाल किया और सदन की कार्यवाही जानबूझकर बाधित की। अपने निलंबन पर प्रतिक्रिया देते हुए खैरा ने कहा कि उन्हें जानबूझकर निशाना बनाया गया है। खैरा ने कहा कि उनके खिलाफ यह कार्रवाई उनकी अनुपस्थिति में और बिना कोई सुनवाई किए की गई है। उन्होंने इसे एकतरफा कदम बताया। खैरा ने कहा, “अगर पंजाब का साथ देना कोई अपराध है, तो मैं ऐसा हजार बार करूंगा। अगर नशा-विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा के लिए न्याय मांगना कोई अपराध है, तो मैं ऐसा बार-बार करूंगा।”इससे पहले, चीमा ने प्रश्नकाल के दौरान कांग्रेस विधायकों के विरोध-प्रदर्शन के समय खैरा के आचरण का हवाला दिया। मंत्री ने कहा कि सदस्यों ने खैरा की ओर से इस्तेमाल किए गए कथित आपत्तिजनक शब्दों पर सख्त एतराज जताया। उन्होंने कहा कि इस तरह की अपमानजनक बयानबाजी सीधे तौर पर पंजाब के श्रमिक वर्ग, विशेष रूप से अनुसूचित जाति समुदाय के लोगों के आत्म-सम्मान और गरिमा पर प्रहार करती है। चीमा ने कहा कि पंजाब की प्रगति और समृद्धि को आगे बढ़ाने में वहां के श्रमिक वर्ग ने एक अहम भूमिका निभाई है। मंत्री ने कहा कि जाति, सामाजिक स्थिति या आर्थिक पृष्ठभूमि के आधार पर किसी व्यक्ति या समूह का अपमान बर्दाश्त नहीं किया जा सकता और न ही किया जाएगा। उन्होंने कहा कि विधायकों से पूरी जिम्मेदारी के साथ व्यवहार करने और सदन की गरिमा बनाए रखने की अपेक्षा की जाती है। चीमा ने कांग्रेस पार्टी के खिलाफ निंदा प्रस्ताव लाने का भी नोटिस दिया। सत्र की शेष अवधि के लिए खैरा को निलंबित करने का प्रस्ताव बाद में मतदान के लिए रखा गया और अध्यक्ष ने इसे सर्वसम्मति से पारित घोषित कर दिया। पंजाब विधानसभा में शुक्रवार को उस समय हंगामा हुआ, जब कांग्रेस विधायकों ने नशा-विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या को लेकर मुख्यमंत्री भगवंत मान के इस्तीफे की मांग की। कांग्रेस विधायक सदन के बीचोंबीच पहुंच गए और आम आदमी पार्टी (आप) सरकार के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। एक समय वित्त मंत्री चीमा और कांग्रेस विधायक सुखपाल सिंह खैरा एक-दूसरे की ओर उंगली उठाते हुए दिखाई दिए। शोर-शराबे के बीच कांग्रेस विधायकों ने सदन से बहिर्गमन किया। प्रस्ताव पारित किए जाने के समय कांग्रेस विधायक सदन में मौजूद नहीं थे। पंजाब विधानसभा का सत्र बृहस्पतिवार को शुरू हुआ था और यह 27 अक्टूबर तक चलेगा।
नशे के मुद्दे पर पंजाब विधानसभा में हंगामा, कांग्रेस विधायकों ने किया वॉकआउट; सुखपाल खैहरा निलंबित
पंजाब विधानसभा सत्र के दूसरे दिन नशे के मुद्दे पर आप और कांग्रेस विधायकों में तीखी बहस हुई, जिसके बाद कांग्रेस ने वॉकआउट किया।
‘दिल्ली एयरपोर्ट पर दो घंटे बैठाया, 50 हजार का भरवाया चालान’, पंजाब विधानसभा में बोले सीएम भगवंत मान
चंडीगढ़, 23 अक्टूबर . पंजाब के Chief Minister भगवंत सिंह मान ने Friday को विधानसभा में दावा किया कि उन्हें फ्रांस दौरे के लिए पहले केंद्र Government से…
'दिल्ली एयरपोर्ट पर दो घंटे बैठाया, 50 हजार का भरवाया चालान', पंजाब विधानसभा में बोले सीएम भगवंत मान
'दिल्ली एयरपोर्ट पर दो घंटे बैठाया, 50 हजार का भरवाया चालान', पंजाब विधानसभा में बोले सीएम भगवंत मान
CEC Gyanesh Kumar के कार्यकाल की हो जांच, Punjab Assembly में प्रस्ताव पास
पंजाब विधानसभा ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार के कार्यकाल में चुनाव प्रक्रिया एवं निर्वाचन आयोग के कामकाज में कथित अनियमितताओं की स्वतंत्र जांच कराए जाने की मांग संबंधी एक सरकारी प्रस्ताव शुक्रवार को पारित किया। पंजाब विधानसभा सत्र के दूसरे दिन वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने सदन में यह प्रस्ताव पेश किया। प्रस्ताव पर चर्चा में हिस्सा लेते हुए मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कथित ‘‘वोट लूट’’ को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर तीखा हमला बोला और इसे लोकतंत्र के लिए खतरनाक बताया। मान ने दावा किया कि विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की आड़ में देशभर में 14 करोड़ मतदाताओं के नाम मतदाता सूचियों से हटा दिए गए हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि बिहार, पश्चिम बंगाल, हरियाणा और महाराष्ट्र में चुनाव ‘‘वोट चोरी’’ के जरिये जीते गए थे। पंजाब विधानसभा का छह-दिवसीय विशेष सत्र बृहस्पतिवार को शुरू हुआ और यह 27 अक्टूबर तक चलेगा। प्रस्ताव को ध्वनि मत से पारित किये जाने के समय, कांग्रेस, शिरोमणि अकाली दल और भाजपा के विधायक सदन में मौजूद नहीं थे। हालांकि, अकाली दल के दो बागी विधायक, बसपा का एक विधायक और एक निर्दलीय विधायक उपस्थित थे। विधानसभा ने इस दावे पर चिंता जताई कि नागरिकों को उनके मतदान के अधिकार से वंचित किया जा रहा है, और सभी पात्र नागरिकों के मतदान अधिकारों की सुरक्षा की मांग की। प्रस्ताव में कहा गया, ‘‘यह सदन दृढ़ता से दोहराता है कि लोकतंत्र में हर पात्र नागरिक का वोट कीमती है। किसी भी नागरिक को मतदान के अधिकार से गैरकानूनी तरीके से वंचित करना संवैधानिक लोकतंत्र के बुनियादी मूल्यों के खिलाफ है।’’इसमें कहा गया कि देश में लोकतंत्र की रक्षा के लिए लोगों के मतदान के अधिकार को सुरक्षित रखना और चुनाव संबंधी संस्थाओं की जवाबदेही सुनिश्चित करना जरूरी है। प्रस्ताव में कहा गया, ‘‘यह सदन मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के कार्यकाल में चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूचियों में कथित अनियमितताओं की जांच के लिए एक स्वतंत्र, निष्पक्ष और विश्वसनीय जांच व्यवस्था स्थापित करने की मांग करता है, ताकि सच्चाई सामने आ सके और जवाबदेही तय की जा सके।’’इसमें कहा गया कि जांच के दौरान किसी भी व्यक्ति के खिलाफ आपराधिक कानूनों के उल्लंघन के ठोस सबूत मिलने पर उसके विरुद्ध कानून के अनुसार आपराधिक कार्रवाई शुरू की जानी चाहिए। मान ने आरोप लगाया कि देश अब ऐसे मोड़ पर आ गया है, जहां भाजपा सरकार-जिसे कभी जनता ने चुना था-अब यह तय कर रही है कि कौन वोट दे सकता है। उन्होंने चेतावनी दी कि लोकतंत्र के चारों स्तंभों पर ‘‘तानाशाही’’ ने अपना नियंत्रण कर लिया है। मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘जब भी कोई विपक्षी दल ईवीएम पर सवाल उठाता है, तो भाजपा इस प्रणाली के समर्थन में आ जाती है। अब वे सीईसी ज्ञानेश कुमार का समर्थन कर रहे हैं। इसका मतलब है कि वे जानते हैं कि ज्ञानेश कुमार ने उन्हें (चुनाव) जीतने में मदद की है। यह लोकतंत्र के लिए खतरनाक है।’’चीमा ने प्रस्ताव पेश करते हुए भाजपा पर गरीबों से मतदान का अधिकार छीनने का आरोप लगाया और उसकी कड़ी आलोचना की। उन्होंने पिछले साल हुए दिल्ली विधानसभा चुनाव का भी जिक्र किया और आरोप लगाया कि भाजपा ‘‘वोट चोरी’’ के जरिये सत्ता में आई थी। आम आदमी पार्टी (आप) की विधायक इंदरजीत कौर मान ने प्रस्ताव पर चर्चा में हिस्सा लेते हुए भाजपा सरकार पर निशाना साधा और मतदान केवल मतपत्रों के जरिये कराने की मांग की। अकाली दल वारिस पंजाब दे के नेता मनप्रीत सिंह अयाली ने प्रस्ताव का समर्थन किया और कहा कि एसआईआर प्रक्रिया विवादों में घिरी हुई है।
चंडीगढ़ पुलिस ने विलो कैफे फायरिंग मामले में अंगद सुखराज सिंह धालीवाल के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी है। इस मामले में 30 अक्टूबर से सुनवाई शुरू होगी।
चंडीगढ़, 23 अक्टूबर . शिरोमणि अकाली दल (एसएडी) ने Friday को पंजाब के Governor गुलाब चंद कटारिया से Chief Minister भगवंत मान को बर्खास्त करने की अपील की.…
अदालती फैसलों से कराया अवगत: श्री जैन ने कानून मंत्री को पंजाब में भ्रष्टाचार को उजागर करने वाले विभिन्न मामलों की प्रगति और उन पर अदालतों द्वारा दिए गए हालिया आदेशों व फैसलों के बारे में विस्तार से ब्रीफ किया।
फरीदकोट में सीएम भगवंत मान बोले, अब पंजाब सरकार सिफारिश नहीं
किसी भी राज्य की असली ताकत वहां की युवा पीढ़ी और छात्र होते हैं, जो भविष्य की नींव रखते हैं। पंजाब की राजनीति और प्रशासनिक व्यवस्था में युवाओं को जोड़ने की दिशा में एक बेहद सकारात्मक पहल देखने को मिली है। राज्य के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने हाल ही में अपने फरीदकोट दौरे के दौरान वहां के स्थानीय स्कूलों और कॉलेजों के विद्यार्थियों के साथ एक खुला और सीधा संवाद स्थापित किया। मुख्यमंत्री को अपने बीच पाकर छात्रों के चेहरे पर गजब का उत्साह और चमक साफ देखी जा सकती थी। इस दौरान मुख्यमंत्री ने केवल राजनीतिक मुद्दों पर बात करने के बजाय युवाओं के करियर, उनके सपनों, उनके संघर्षों और पंजाब के उज्जवल भविष्य को लेकर खुलकर चर्चा की। इस अनूठे संवाद कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य छात्रों के भीतर छिपी हुई प्रतिभा को बाहर निकालना और उन्हें यह विश्वास दिलाना था कि राज्य सरकार हर कदम पर उनके साथ खड़ी है ताकि वे अपनी मेहनत के दम पर आसमान छू सकें।बड़े सपने देखें और कभी शॉर्टकट का सहारा न लें: सीएम मान का युवाओं को खास संदेशछात्रों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बेहद सरल और अपने आत्मीय अंदाज में जीवन के बड़े फलसफे साझा किए। उन्होंने युवाओं से कहा कि वे कभी भी छोटे लक्ष्य न रखें, बल्कि अपने जीवन में बड़े से बड़े सपने देखें और उन्हें पूरा करने के लिए अपने अंदर अटूट आत्मविश्वास पैदा करें। उन्होंने छात्रों को सलाह दी कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता और जो लोग मेहनत और ईमानदारी के रास्ते पर चलकर आगे बढ़ते हैं, उनकी सफलता स्थाई और गर्व करने योग्य होती है। मुख्यमंत्री ने अपने शुरुआती जीवन और संघर्षों के दिनों को याद करते हुए छात्रों को प्रेरित किया कि असफलता से डरने की कोई जरूरत नहीं है, बल्कि हर असफलता सीखने का एक नया अवसर होती है। उन्होंने युवाओं से आग्रह किया कि वे नशे जैसी बुरी और विनाशकारी आदतों से दूर रहें और अपनी ऊर्जा को सकारात्मक दिशा में लगाते हुए खेल, पढ़ाई और समाज सेवा में आगे बढ़ें, क्योंकि पंजाब की असली ताकत उसकी नौजवान पीढ़ी की ऊर्जा में ही निहित है।योग्यता के आधार पर पारदर्शी सरकारी नौकरियां: मेरिट को दी जा रही है सर्वोच्च प्राथमिकतायुवाओं के सबसे बड़े सवालों और चिंताओं का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने राज्य में रोजगार और सरकारी नौकरियों की व्यवस्था पर खुलकर बात की। उन्होंने जोर देकर कहा कि उनकी सरकार बनने के बाद से प्रशासनिक और सरकारी नौकरियों में पारदर्शिता को सबसे ऊपर रखा गया है। पहले की सरकारों के दौर में युवाओं को नौकरी पाने के लिए सिफारिशों और घूसखोरी के चक्रव्यूह में फंसना पड़ता था, लेकिन मौजूदा सरकार ने 'योग्यता' (Merit) को ही चयन का एकमात्र पैमाना बना दिया है। आज पंजाब में गरीब से गरीब और साधारण परिवार का होनहार युवा भी बिना किसी रिश्वत या सिफारिश के अपनी योग्यता के बल पर पंजाब सिविल सेवा, पुलिस, शिक्षा और स्वास्थ्य विभाग जैसे उच्च पदों पर चयनित हो रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का यह प्रयास है कि राज्य के युवाओं को अपनी ही धरती पर रोजगार के बेहतरीन अवसर मिलें ताकि उन्हें रोजी-रोटी की तलाश में विदेश न भटकना पड़े। उन्होंने बताया कि अब तक हजारों योग्य युवाओं को पारदर्शी तरीके से नौकरियां सौंपी जा चुकी हैं और यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।शिक्षा, स्वास्थ्य और मुख्यमंत्री सेहत योजना: हर नागरिक के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध सरकारयुवाओं और छात्रों के साथ इस संवाद के दौरान मुख्यमंत्री भगवंत मान ने राज्य सरकार द्वारा जनहित में चलाई जा रही विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का भी विशेष रूप से जिक्र किया। उन्होंने कहा कि एक मजबूत और स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए शिक्षा और स्वास्थ्य सबसे बुनियादी जरूरतें हैं। सरकार ने सरकारी स्कूलों की कायापलट करते हुए उन्हें अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस किया है ताकि आम आदमी के बच्चे भी कॉन्वेंट स्कूलों जैसी उच्च स्तरीय शिक्षा प्राप्त कर सकें। इसके साथ ही स्वास्थ्य के क्षेत्र में क्रांति लाते हुए 'आम आदमी क्लीनिक' की स्थापना की गई है, जहां लोगों को मुफ्त और बेहतरीन इलाज मिल रहा है। इसके अलावा 'मुख्यमंत्री सेहत बीमा योजना' के माध्यम से लाखों परिवारों को गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए वित्तीय सुरक्षा प्रदान की जा रही है। अंत में मुख्यमंत्री ने छात्रों से आह्वान किया कि वे अपने माता-पिता और गुरुओं का सम्मान करें, अपने लक्ष्य के प्रति पूरी तरह समर्पित रहें और एक सशक्त, प्रगतिशील व खुशहाल पंजाब के निर्माण में अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करें।
पंजाब विधानसभा सत्र के दूसरे दिन भी सदन के बाहर हंगामा जारी रहा। जहां भगवंत मान सरकार ने विपक्ष पर राजनीति करने का आरोप लगाया, वहीं विपक्ष ने राज्य की कानून व्यवस्था और सरकार के कामकाज पर गंभीर सवाल खड़े किए।
चंडीगढ़, 23 अक्टूबर . पंजाब विधानसभा सत्र के दूसरे दिन भी सदन के बाहर हंगामा जारी रहा. जहां भगवंत मान Government ने विपक्ष पर राजनीति करने का आरोप…
विपक्ष ने पंजाब की कानून-व्यवस्था पर उठाए सवाल, कैबिनेट मंत्री गोयल ने लगाया 'सिर्फ राजनीति' करने का आरोप
विधानसभा चुनाव को लेकर क्या है अमृतसर का मिजाज? देखें पंजाब आजतक
पंजाब आजतक के इस बुलेटिन में आज आपको दिखाएंगे कि कैसा रहा पंजाब विधानसभा के विशेष सत्र का पहला दिन, अमित शाह के किस दावे से तेज हुई गठबंधन की चर्चा, राहुल की एक नंवबर वाली रैली पर क्यों मचा है घमासान, विधानसभा चुनाव को लेकर क्या है अमृतसर की जनता का मिजाज, सूबे से जुड़ी हर खबर लेकिन पहले देखेंगे हेडलाइंस.
गमाडा द्वारा पुराने रेट पर प्लॉट आवंटन से पंजाब सरकार को 400 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। ईडी इस मामले की जांच कर रहा है, जिसमें नीतिगत और प्रक्रियागत खामियां सामने आई हैं।
क्या भाजपा-अकाली दल मिलाएंगे हाथ? सुखबीर बादल ने AAP-कांग्रेस को बताया मुख्य प्रतिद्वंद्वी
शिरोमणि अकाली दल (SAD) के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने शुक्रवार को संकेत दिया कि उनकी पार्टी अगले साल की शुरुआत में होने वाले पंजाब विधानसभा चुनावों के लिए भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) में फिर से शामिल हो सकती है। पंजाब के राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया से मुलाकात के बाद पत्रकारों को जानकारी देते हुए, पूर्व उपमुख्यमंत्री ने सत्ताधारी आम आदमी पार्टी (AAP) और कांग्रेस पर निशाना साधा और उन्हें राज्य में अपना 'मुख्य राजनीतिक विरोधी' बताया। बिना बीजेपी का नाम लिए, बादल ने कहा कि उनकी पार्टी पंजाब की बेहतरी के लिए समान विचारधारा वाले दलों के साथ गठबंधन करने को तैयार है। इसे भी पढ़ें: Punjab Pharmacy Council की कार्रवाई, झोटा हत्याकांड के आरोपी Ashwani का रजिस्ट्रेशन रद्द शिरोमणि अकाली दल (शिअद) ने कहा कि वह पंजाब में एक राज्यव्यापी यात्रा निकालेगा, जिसकी शुरुआत 10 नवंबर को तलवंडी साबो स्थित श्री दमदमा साहिब से होगी। पार्टी अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल के नेतृत्व में निकाली जाने वाली यह यात्रा तीन चरणों में पूरी होगी। पहले चरण के तहत 10 से 22 नवंबर तक यात्रा निकाली जाएगी। यात्रा का दूसरा चरण श्री आनंदपुर साहिब और तीसरा चरण श्री अकाल तख्त साहिब से शुरू होगा। पार्टी के अनुसूचित जाति, पिछड़ा वर्ग और युवा संगठनों के साथ बैठकों की श्रृंखला पूरी होने के बाद वरिष्ठ नेता दलजीत चीमा ने यह जानकारी दी। इन बैठकों की अध्यक्षता बादल ने की थी। चीमा ने कहा कि पार्टी अध्यक्ष ने चुनावी घोषणापत्र में शामिल किए जाने वाले मुद्दों पर इन संगठनों से सीधे प्रतिक्रिया ली और पार्टी संगठन को मजबूत करने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि विभिन्न संगठनों से मिली प्रतिक्रियाओं पर 24 अक्टूबर को पार्टी की चुनावी घोषणापत्र समिति की अगली बैठक में विचार किया जाएगा। इसे भी पढ़ें: Punjab Assembly में झोटा हत्याकांड पर Congress का हंगामा, CM मान के इस्तीफे की मांग उन्होंने बताया कि घोषणापत्र एक नवंबर को जारी किया जाएगा। बादल ने संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि पंजाब सरकार का ‘युद्ध नशे के विरुद्ध’ अभियान नशे की समस्या खत्म करने के बजाय नशा विरोधी कार्यकर्ताओं और इसकी जानकारी देने वालों की हत्या का कारण बन रहा है। उन्होंने पंजाब के मुख्यमंत्री की आलोचना करते हुए कहा कि राज्य में संकट के बावजूद वह पेरिस की सैर के लिए विमान से जाने की अनुमति हासिल करने के वास्ते ‘दर-दर भटक’ रहे हैं। बादल ने कहा, “भगवंत मान को पंजाबियों को बताना चाहिए कि विदेश यात्राओं के बावजूद वह राज्य में विदेशी निवेश लाने में क्यों नाकाम रहे हैं।” बैठक में नशा विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या की निंदा करते हुए एक प्रस्ताव भी पारित किया गया। इसमें शिअद ने शोक संतप्त परिवार को न्याय दिलाने के लिए हरसंभव प्रयास करने का संकल्प लिया।
Punjab Pharmacy Council की कार्रवाई, झोटा हत्याकांड के आरोपी Ashwani का रजिस्ट्रेशन रद्द
पंजाब फार्मेसी काउंसिल के चेयरमैन सुनील बंसल ने बताया कि नशा-विरोधी कार्यकर्ता परमिंदर सिंह झोटा की हत्या के मामले में आरोपी मेडिकल स्टोर संचालक अश्वनी कुमार का फार्मासिस्ट रजिस्ट्रेशन रद्द कर दिया गया है। बंसल ने कहा कि हत्या के मामले में कुमार के खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई है। आरोपी का फार्मासिस्ट रजिस्ट्रेशन, जो 10 जुलाई 2020 को जारी किया गया था, अब रद्द कर दिया गया है। यह कार्रवाई झोटा की हत्या के बाद न्याय की मांग के बीच की गई है। झोटा की 13 अक्टूबर को पंजाब के मानसा जिले में एक केमिस्ट की दुकान के अंदर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी, उस समय वह फेसबुक पर लाइवस्ट्रीम कर रहे थे। इससे पहले, केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने हत्या के इस मामले में एक प्राथमिकी (FIR) दर्ज की, जिसमें कुमार और कुछ अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया गया है। इसे भी पढ़ें: Punjab Assembly में झोटा हत्याकांड पर Congress का हंगामा, CM मान के इस्तीफे की मांग पंजाब सरकार की सहमति और केंद्र सरकार द्वारा जांच के लिए अधिकृत किए जाने के बाद, चंडीगढ़ स्थित CBI की स्पेशल क्राइम ब्रांच ने इस मामले की जांच अपने हाथ में ले ली है। FIR में भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 103(1), 109, 118(1), 61(2) और 3(5) के साथ-साथ आर्म्स एक्ट, 1959 की धारा 25 और 27 लगाई गई हैं। CBI इंस्पेक्टर बलविंदर सिंह को इस मामले की जांच सौंपी गई है। मुख्य आरोपी कुमार को राजस्थान से गिरफ्तार किया गया है। एक वरिष्ठ उप महानिरीक्षक (DIG) के नेतृत्व में CBI की टीम मानसा पहुंची, जहां उन्होंने पंजाब पुलिस से मामले के दस्तावेज और जब्त की गई सामग्री अपने कब्जे में ले ली। CBI अधिकारियों के अनुसार, शुरुआती जांच के तहत एजेंसी झोटा के परिवार से पूछताछ करेगी। जांच में फोरेंसिक विशेषज्ञों, ड्रग कंट्रोलर्स और अन्य तकनीकी विशेषज्ञों की भी मदद ली जाएगी। जांच के दौरान हत्या से जुड़ी परिस्थितियों और इस घटना तथा केमिस्ट की दुकानों पर प्रतिबंधित नशीले पदार्थों की कथित अवैध बिक्री के बीच संभावित संबंधों का पता लगाया जाएगा। इसे भी पढ़ें: सहारनपुर PNB करेंसी चेस्ट फेक नोट मामले में NIA ने दो मुख्य साजिशकर्ताओं को पकड़ा बताया जाता है कि मानसा के एक बाजार में झोटा ने कुमार से एक बुजुर्ग व्यक्ति को नशीली दवाएं बेचे जाने को लेकर सवाल-जवाब किए थे। इसके बाद वहां गोलीबारी हुई, जिसमें झोटा की मौत हो गई और चार अन्य लोग घायल हो गए। कार्यकर्ता के परिवार की मांग और राजनीतिक दबाव के बाद, CBI ने जांच अपने हाथ में ले ली। मामले की आगे की जांच चल रही है।
Punjab Govt SANGAT Mental Health Clubs: 22
अमित शाह के बाद अब शिरोमणि अकाली दल (बादल) के प्रधान सुखबीर बादल ने अकाली और भाजपा गठबंधन के संकेत दिए हैं। बादल ने कहा कि अकाली दल क्षेत्रीय पार्टी है। हमारे लिए पंजाब नंबर वन है। सरकार आए न आए, हम पंजाबियों की लड़ाई लड़ते रहेंगे। हमारे लिए 2 पार्टियां पंजाब की सबसे बड़ी दुश्मन हैं, एक कांग्रेस और दूसरी आम आदमी पार्टी। सुखबीर ने कहा- जो भी पार्टी अकाली दल की विचारधारा और प्रोग्राम से सहमत है, हमने गठजोड़ के ऑप्शन खुले रखे हैं। इससे पहले गुरुवार को गृहमंत्री अमित शाह ने दिल्ली में एक कार्यक्रम में कहा था कि 2027 में पंजाब में NDA की सरकार बनेगी। शिरोमणि अकाली दल का डेलीगेशन गवर्नर गुलाब चंद कटारिया से मुलाकात कर पंजाब में बढ़ते ड्रग्स केस और परविंदर झोटा केस को लेकर मुख्यमंत्री भगवंत मान को पद से हटाने की मांग करने पहुंचा था। उधर, शाह के बयान पर पंजाब के सीएम भगवंत मान ने निशाना साधा। मान ने कहा- ये लोग किसी भी डिबेट को फेस नहीं कर सकते। शाह के कहने से सरकार नहीं बनेगी, ये तो जनता के कहने से होगा। अब जानिए अमित शाह ने क्या बयान दिया था… केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने पंजाब दौरे के 2 दिन बाद (22 अक्टूबर) को दिल्ली में बड़ा दावा किया था। दिल्ली में यमुना पुनरुद्धार योजनाओं के उद्घाटन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा था कि 2027 के विधानसभा चुनाव के बाद पंजाब में NDA की सरकार बनेगी। उनके इस बयान से पंजाब में शिरोमणि अकाली दल (SAD) के साथ भाजपा के गठबंधन की चर्चाएं तेज हो गई। शाह ने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी (AAP) सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल पंजाब के मुख्यमंत्री को काम नहीं करने दे रहे हैं। उन्होंने पंजाब के प्रति अपने दावे को दोहराया, जिसमें कहा कि 2029 तक पंजाब से नशे का कारोबार खत्म कर देंगे। उन्होंने कहा- मेरी बात याद रखना। केजरीवाल कान खोलकर सुन लो। बहाने की राजनीति लंबी नहीं चलती है। रिजल्ट लाने पड़ते हैं। दिल्ली से हार गए। पंजाब में डेरा जमाकर वहां के मुख्यमंत्री को काम नहीं करने देते हो। वहां का काम बिगाड़ रहे हो। मेरी बात ध्यान से सुन लो, अगले चुनाव में AAP का सूपड़ा वहां से साफ होने वाला है। हम 2029 तक पंजाब से नशे के व्यापार को खत्म कर देंगे। 2020 में टूटा था BJP और SAD का गठबंधन पंजाब में BJP और SAD का गठबंधन करीब 24 साल पुराना था। साल 2020 में 3 कृषि कानूनों को लेकर हुए विवाद के कारण दोनों दलों का गठबंधन टूट गया। इसके बाद दोनों दल अलग हो गए। दोनों दल अलग कैसे हुए? गठबंधन टूटने के बाद प्रमुख चुनावों के नतीजे भाजपा और अकाली दल का गठबंधन पंजाब की राजनीति में सिख-हिंदू एकता और सामाजिक संतुलन के रूप में देखा जाता था। अकाली दल का ग्रामीण क्षेत्रों में और भाजपा का शहरी क्षेत्रों में अपेक्षाकृत मजबूत जनाधार था। गठबंधन टूटने के बाद दोनों दलों ने अलग-अलग राजनीतिक रास्ते अपनाए। 1. 2022 का पंजाब विधानसभा चुनाव गठबंधन टूटने के बाद 2022 का विधानसभा चुनाव दोनों दलों के लिए पहली बड़ी चुनावी परीक्षा था। अकाली दल ने बहुजन समाज पार्टी (BSP) के साथ चुनाव लड़ा, जबकि भाजपा ने कैप्टन अमरिंदर सिंह की पंजाब लोक कांग्रेस और शिरोमणि अकाली दल (संयुक्त) के साथ गठबंधन किया। 2. 2024 का लोकसभा चुनाव 2024 के लोकसभा चुनाव से पहले भाजपा और अकाली दल के बीच दोबारा गठबंधन की अटकलें लगाई जा रही थीं। हालांकि, सीटों के बंटवारे और किसानों से जुड़े मुद्दों पर सहमति नहीं बनने के कारण दोनों दलों ने अलग-अलग चुनाव लड़ा।
कांग्रेस-AAP छोड़ किसी से भी गठबंधन को तैयार, पंजाब चुनाव से पहले सुखबीर सिंह बादल का बड़ा ऐलान
पंजाब की राजनीति में गठबंधन को लेकर हलचल तेज हो गई है. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के पंजाब में NDA की सरकार बनने के दावे के एक दिन बाद शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने गठबंधन को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि अकाली दल कांग्रेस और आम आदमी पार्टी (AAP) को छोड़कर अन्य समान विचारधारा वाले दलों के साथ गठबंधन करने के लिए तैयार है. बादल ने कांग्रेस और AAP को पंजाब का दुश्मन बताते हुए कहा कि इन दोनों पार्टियों के अलावा बाकी दलों के लिए अकाली दल के दरवाजे खुले हैं.
अमित शाह का बड़ा दावा, बोले- पंजाब में बनेगी NDA सरकार; AAP की हार का किया दावा
चंडीगढ़ , 23 अक्टूबर 2026 | केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पंजाब में अगली सरकार को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि पंजाब में NDA की सरकार बनेगी. मंगलवार को दिल्ली में यमुना की सफाई से जुड़ी 8,941 करोड़ रुपये की परियोजनाओं का उद्घाटन करते हुए शाह ने कांग्रेस और आम आदमी […] The post अमित शाह का बड़ा दावा, बोले- पंजाब में बनेगी NDA सरकार; AAP की हार का किया दावा appeared first on Rashtriya Ujala .
Punjab Assembly में झोटा हत्याकांड पर Congress का हंगामा, CM मान के इस्तीफे की मांग
पंजाब विधानसभा में शुक्रवार को उस समय हंगामा हो गया, जब कांग्रेस विधायकों ने मानसा में नशा विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या को लेकर मुख्यमंत्री भगवंत मान के इस्तीफे की मांग की। पंजाब विधानसभा के दूसरे दिन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष के नेता प्रताप सिंह बाजवा ने झोटा की हत्या का मुद्दा सदन में उठाया। विधानसभा अध्यक्ष ने बाजवा से प्रश्नकाल शुरू होने देने को कहा, जिसके बाद विपक्ष के नेता और अन्य विपक्षी विधायक अपनी सीटों से खड़े हो गए और आम आदमी पार्टी (आप) सरकार के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। काले स्कार्फ पहने कांग्रेस विधायक सदन के बीचोंबीच पहुंच गए और नशा विरोधी कार्यकर्ता की हत्या को लेकर मुख्यमंत्री के इस्तीफे की मांग करने लगे। उन्होंने कानून-व्यवस्था और नशे की समस्या समेत विभिन्न मुद्दों को लेकर ‘आप’ सरकार के खिलाफ ‘लानत पत्र’ भी दिखाया जिसमें सरकार की निंदा की गई थी। विधानसभा अध्यक्ष कुलतार सिंह संधवां ने कांग्रेस विधायकों से प्रश्नकाल चलने देने की अपील की, लेकिन विपक्षी विधायक ‘आप’ सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते रहे। इसके जवाब में सत्ता पक्ष के विधायकों ने भी कांग्रेस पर पलटवार किया। वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने 1984 के सिख-विरोधी दंगों को लेकर कांग्रेस को निशाने पर लिया। चीमा ने पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष परगट सिंह के शिरोमणि अकाली दल के साथ पुराने जुड़ाव की भी आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब में अकाली दल के शासन के दौरान ही ‘चिट्टा’ (मिलावटी हेरोइन) का प्रसार हुआ था। कांग्रेस सदस्यों का विरोध जारी रहने पर सत्ता पक्ष के विधायकों ने भी कांग्रेस के खिलाफ नारेबाजी की। एक समय वित्त मंत्री चीमा और कांग्रेस विधायक सुखपाल सिंह खैरा एक-दूसरे की ओर उंगली उठाते हुए दिखाई दिए। जालंधर कैंट से विधायक और पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष परगट सिंह ने सत्ता पक्ष से ‘लानत पत्र’ स्वीकार करने को कहा। शोर-शराबे के बीच विधानसभा अध्यक्ष ने सदन में व्यवस्था बनाने का प्रयास किया, लेकिन उनकी कोशिश सफल होती हुई नहीं दिखी। बाद में कांग्रेस विधायकों ने सदन से बहिर्गमन किया। नशा विरोधी कार्यकर्ता परविंदर झोटा मादक द्रव्यों के दुरुपयोग और दवा की दुकानों पर नशीले पदार्थों की अवैध बिक्री के खिलाफ आवाज उठाने के लिए जाने जाते थे। 13 अक्टूबर को मानसा के एक व्यस्त बाजार में स्थित एक दवा की दुकान के अंदर दिनदहाड़े उन्हें गोली मार दी गई थी। दवा की दुकान के मालिक अश्वनी कुमार ने कथित तौर पर एक बुजुर्ग व्यक्ति को नशीली दवाएं बेचने पर झोटा द्वारा सवाल उठाए जाने के बाद उन पर गोली चलाई थी। उसे राजस्थान के सालासर से हिरासत में लिया गया। झोटा फेसबुक लाइव कर रहे थे, तभी यह घटना हुई। इससे पंजाब में राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं। राज्य में अगले साल की शुरुआत में विधानसभा चुनाव प्रस्तावित हैं।
नशे के खिलाफ पंजाब सरकार की पहल, 40 कॉलेजों में खुलेंगे मानसिक स्वास्थ्य क्लब
यह पहल पंजाब सरकार की ‘युद्ध नशेआं विरुद्ध’ मुहिम का हिस्सा है. इसके तहत नशीले पदार्थों के सेवन की रोकथाम, जागरूकता बढ़ाने और इस समस्या से निपटने के लिए सामूहिक जिम्मेदारी को प्रोत्साहित करने पर जोर दिया जा रहा है.
जालंधर में बस्ती एरिया के भार्गव कैंप से नशे में झूमते युवक का वीडियो सामने आया है। युवक बिजली के खंभे के साथ कंधा लगाकर सहारा लेने की कोशिश करता नजर आता है, लेकिन उससे खड़ा नहीं हुआ जा रहा है। इलाके के ही कुछ युवकों ने उसका वीडियो बना लिया। युवकों ने बताया कि जैसे ही वे वीडियो बनाने लगे, तो कुछ युवक बाइक से निकल गए। वीडियो में युवक यह कहते हुए भी सुनाई दिए कि यह बुड्ढा मल्ल ग्राउंड है। इस इलाके में रोजाना ऐसा सीन देखने को मिल जाता है। वीडियो पर भाजपा नेता, पूर्व विधायक और एससी मोर्चा के पंजाब अध्यक्ष शीतल अंगुराल ने चिंता जताई है। शीतल ने वीडियो शेयर कर लिखा कि पंजाब की जवानी को बचाने के लिए आगे आना चाहिए। पूरे पंजाब में तेजी से युवा नशे की गिरफ्त में आ रहे हैं। पूर्व विधायक शीतल बोले- माता-पिता बच्चों के लिए चिंतित जालंधर वेस्ट से पूर्व विधायक और अनुसूचित जाति (SC) मोर्चा के अध्यक्ष शीतल अंगुराल ने क्षेत्र में बढ़ते नशे और युवाओं की दयनीय स्थिति को लेकर प्रशासन तथा मौजूदा सरकार के विकास के दावों पर सवाल उठाए हैं। अंगुराल ने कहा कि क्षेत्र में एक नौजवान को नशे की हालत में तड़पते और गिरते देखकर उनका दिल दुखी है। माता-पिता अपने बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के सपने देखते हैं, लेकिन आज का युवा नशे के दलदल में धंसता जा रहा है। यह स्थिति समाज और स्थानीय प्रशासन, दोनों के लिए एक गंभीर चेतावनी है। पूर्व विधायक ने सवाल उठाया कि क्या जालंधर वेस्ट की जनता ने इसी प्रकार के विकास के सपने देखे थे? उन्होंने जोर देकर कहा कि जालंधर वेस्ट को नशे से पूरी तरह मुक्ति चाहिए और यहां के युवाओं को नशे की जगह रोजगार और बेहतर भविष्य मिलना चाहिए। सौदागरों पर तुरंत सख्त कानूनी शिकंजा कसा जाए उन्होंने प्रशासन से मांग की कि नशे के तस्करों और सौदागरों पर तुरंत सख्त कानूनी शिकंजा कसा जाए। अंगुराल ने 'नशामुक्त जालंधर वेस्ट, सुरक्षित नौजवान और उज्ज्वल भविष्य' का संकल्प लेते हुए युवाओं को इस दलदल से बाहर निकालने के लिए ठोस कदम उठाने की अपील की है। नशे का टीका लगाते 2 युवकों को पकड़ा था बता दें कि बुधवार को भी जालंधर एरिया में नशे का टीका लगाते हुए लोगों ने दो युवकों को पकड़ा था। दोनों युवक जालंधर जिले की तहसील फिल्लौर से संबंध रखते थे। कुछ दिन पहले बस्ती एरिया में ही मेडिकल स्टोर से बड़ी मात्रा में नशे की सामग्री पकड़ी गई थी।
अमित शाह ने क्या कहा? पंजाब में भाजपा और अकाली दल के गठबंधन की अटकलें तेज
अमित शाह ने यह बयान केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी और दिल्ली के उपराज्यपाल तरणजीत सिंह संधू की मौजूदगी में दी। दोनों ही नेताओं ने 2019 और 2024 में पंजाब के अमृतसर से लोकसभा चुनाव लड़ा था।
पंजाब और हरियाणा में पराली जलाने की घटनाओं पर अब सैटेलाइट के साथ ड्रोन से भी निगरानी की जाएगी। ताजा आंकड़ों के अनुसार, पंजाब में पराली जलाने के मामलों में वृद्धि हुई है, जबकि हरियाणा में कमी आई है।
नहीं टूट रही पंजाब में मेडिकल नशे की सप्लाई चेन! 20 करोड़ की दवाएं जब्त और 520 लाइसेंस रद
पंजाब में 20 करोड़ से अधिक की मेडिकल दवाएं जब्त होने और 520 लाइसेंस सस्पेंड होने के बावजूद नशे की मजबूत सप्लाई चेन को तोड़ना प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ है।
पंजाब में मौसम शुष्क बना हुआ है। रात का तापमान 2 डिग्री तक सामान्य के करीब बना है। लेकिन कल नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस एक्टिव हो रहा है।
‘गोल्डी के पिता ने उससे कहा था- तू वापस आ जा, घर खाली पड़ा है, लेकिन वो आने को राजी नहीं था। उसने कहा- घर गिरा दो, वापस नहीं आऊंगा।’ ये किस्सा पंजाब के श्री मुक्तसर साहिब में रह रहे गोल्डी बराड़ के पुराने पड़ोसी बताते हैं। अमेरिकी जांच एजेंसी FBI ने 28 सितंबर 2026 को कनाडा बेस्ड भारतीय गैंगस्टर गोल्डी को 10 मोस्ट वॉन्टेड भगोड़ों की लिस्ट में शामिल किया है। उसकी गिरफ्तारी में मदद करने या जानकारी देने वाले को 10 लाख अमेरिकी डॉलर, यानी 9.4 करोड़ रुपए का इनाम दिया जाएगा। भारत सरकार पहले ही गोल्डी के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी कर चुकी है। उसे UAPA के तहत आतंकवादी घोषित किया जा चुका है। इसके अलावा, कनाडा के टॉप 25 मोस्ट वॉन्टेड लिस्ट में भी उसका नाम शामिल है। दैनिक भास्कर की टीम श्री मुक्तसर साहिब में गोल्डी के घर और उसके गांव बुर्ज हरिका पहुंची। उसके परिवार के लोगों ने बातचीत में क्या बताया, पढ़िए पूरी खबर… गोल्डी का नाम लेते ही चुप हो गए लोग दिल्ली से ट्रेन के जरिए हम मुक्तसर साहिब के लिए निकले। आसपास बैठे लोगों से बातचीत में गोल्डी बराड़ का जिक्र हुआ। तभी एक यात्री बोला, ‘गोल्डी के पिता का घर मुक्तसर में है, लेकिन वो यहां का रहने वाला नहीं है। वो फरीदकोट में कोटकपुरा के पास एक गांव का रहने वाला है।‘ हमने कुछ और जानकारी चाही, तो उसने बातचीत बंद कर दी। भटिंडा में ट्रेन से उतरने के बाद हम ट्रैक्सी से मुक्तसर के लिए निकले। ड्राइवर ने कहा- आप पंजाब के नहीं लग रहे। मुक्तसर क्यों जा रहे हैं? हमने बताया कि गुरुद्वारा देखने जा रहे हैं। फिर गोल्डी बराड़ का नाम लेते ही उसका लहजा बदल गया। उसने कहा, ‘भाई, गोल्डी के चक्कर में मत पड़ो। उसका नेटवर्क बहुत बड़ा है।' ड्राइवर ने बताया कि पहले यहां लोग गोल्डी के बारे में जानते भी नहीं थे। सिंगर सिद्धू मूसेवाला के मर्डर के बाद वो चर्चा में आया। इसके बाद ड्राइवर ने गोल्डी के बारे बात नहीं की। उसने कहा कि वो मुश्किल में नहीं पड़ना चाहता। रात करीब 9:30 बजे हम मुक्तसर पहुंचे। 5 हजार वर्गफुट में बना मकान, आसपास CCTV कैमरे अगले दिन सुबह हम मुक्तसर के आदेश नगर पहुंचे। यहां गोल्डी का बचपन बीता है। करीब आधे घंटे भटकने के बाद एक डिलीवरी बॉय ने हमें गोल्डी का घर दिखाया। 5 हजार स्क्वायर फीट के प्लॉट में उसका दो मंजिला मकान है। गेट पर ताला नहीं लगा, लेकिन वहां जमी धूल देखकर लग रहा था कि लंबे वक्त से घर पर कोई नहीं आया। गोल्डी के मकान से लेकर आसपास के सभी घरों में CCTV कैमरे लगे हैं। हर घर में चार-पांच कैमरे हैं। यहीं मिले एक शख्स ने बताया कि सिद्धू मूसेवाला की हत्या से पहले वो गोल्डी को जानता भी नहीं था। इसके बाद ही उसका नाम चर्चा में आया। तभी पता चला कि उसका घर यहां है। तब से बाहरी लोगों का आना-जाना कम हो गया। पहले तो घर के सामने हमेशा पुलिस लगी रहती थी। पिता ने कहा- वापस आ जा, घर खाली पड़ा है, गोल्डी बोला- घर गिरा दो हमने गोल्डी और उसके परिवार के बारे में जानने के लिए पड़ोसियों के घरों के दरवाजे खटखटाए। बात करने के लिए सिर्फ एक पड़ोसी राजी हुए। पहचान जाहिर न करने की शर्त पर उन्होंने बताया, ‘गोल्डी पास के भाई मस्ताना सिंह स्कूल में पढ़ता था। पढ़ाई में अच्छा था। कबड्डी और हॉकी भी खेलता था। दसवीं में अच्छे नंबरों से पास हुआ था। फिर आगे की पढ़ाई के लिए चंडीगढ़ चला गया।‘ ‘गोल्डी के चंडीगढ़ जाने के बाद उसके पिता शमशेर सिंह हमारे घर आया करते थे। बताते थे कि गोल्डी के बिना घर में मन नहीं लगता। वे भी पत्नी के साथ चंडीगढ़ शिफ्ट होने की तैयारी में थे। कहते थे- इससे गोल्डी पढ़ भी लेगा और हमारा मन भी लगा रहेगा।’ पड़ोसी पुरानी बातें याद करते हुए कहते हैं कि अगर शमशेर ने तब मन की सुन ली होती और चंडीगढ़ शिफ्ट हो जाते, तो शायद आज हालात अलग होते। शमशेर पुलिस की नौकरी में थे। 55 की उम्र में ही उन्हें जबरदस्ती रिटायर कर दिया गया। हमने पूछा कि चंडीगढ़ जाने के बाद गोल्डी की जिंदगी में क्या बदला। इस पर उन्होंने छात्र राजनीति और लॉरेंस बिश्नोई से उसके संपर्क का जिक्र किया। वे बताते हैं, 'कॉलेज में छोटी-मोटी लड़ाइयों से उसकी दबंगई का दौर शुरू हुआ। इसके बाद छात्र राजनीति में आया। शमशेर ने उसे रोकने की कोशिश की, लेकिन गोल्डी ने बात नहीं सुनी।‘ ‘एक बार शमशेर ने मेरे सामने गोल्डी से वापस आने को कहा था। बोले- तू वापस आ जा। जेल भी होगी, तो जमानत ले लेंगे। घर खाली रहता है, यहां भला कौन रहेगा, लेकिन गोल्डी ने लौटने से इनकार कर दिया।‘ पड़ोसी का दावा- गोल्डी कनाडा जाने के बाद कभी नहीं लौटा पड़ोसी ये भी दावा करते हैं कि कनाडा जाने के बाद गोल्डी कभी नहीं लौटा, न ही माता-पिता से संपर्क रखा। पिता शमशेर इससे दुखी रहते थे। हमने पड़ोसी से पूछा कि उसके घर पर और आसपास कई CCTV कैमरे लगे हैं। क्या गोल्डी विदेश से घर की निगरानी करता है? जवाब मिला, ‘जो लड़का मां-बाप से बात तक नहीं करता, कहता है कि उसे घर से कोई मतलब नहीं है। वो भला घर की देखभाल क्या करेगा। कैमरे इलाके के लोगों ने घर की सुरक्षा के लिए लगवाए हैं।‘ पड़ोसी बताते हैं कि इलाके में पुलिस भी आती-जाती रहती है। हालांकि, पुलिस इन कैमरों के जरिए निगरानी करती है या नहीं, इसकी जानकारी नहीं है। गोल्डी की मां कभी-कभी यहां आती हैं। पिछले काफी दिनों से उन्हें भी नहीं देखा। पड़ोसी ने बताया कि वो मुक्तसर से करीब 40 किमी दूर पुश्तैनी गांव में रहती होंगी। इसके बाद गोल्डी के परिवार से मिलने हम उसके पुश्तैनी गांव बुर्ज हरिका के लिए निकले। गोल्डी के गांव में चाचा का परिवार, चाची सरपंच रास्ते में कोई भी गोल्डी के गांव का रास्ता बताने को तैयार नहीं हुआ। आखिर एक कैब ड्राइवर ने गांव तक पहुंचाया। श्मशान घाट की देखरेख में लगे व्यक्ति ने गोल्डी का घर दिखाया। गेट पर लाल रंग की नेमप्लेट लगी थी। उस पर गांव के नाम के साथ गोल्डी के चाचा सतपाल और चाची मंजीत कौर का नाम लिखा था। चाची गांव की सरपंच हैं। मकान तीन हिस्सों में बंटा है। एक गेट के ठीक सामने, दूसरा कोठीनुमा मकान और उसके बगल में एक पुराना घर है, जो अब खंडहर हो चुका है। एक बुजुर्ग खाट पर बैठे मिले। हमने पूछा क्या गोल्डी बराड़ का घर यही है। उन्होंने हामी भरी। ये गोल्डी के चाचा सतपाल सिंह थे। बातचीत शुरू हुई तो गोल्डी के बचपन से लेकर अब तक के किस्से सामने आने लगे। सतपाल ने बताया कि बड़े भाई शमशेर ने अपने हिस्से की जमीन बेचकर मुक्तसर में घर बनवाया था। गोल्डी का बचपन भी वहीं बीता। स्कूल की छुट्टियां होने पर गांव आया करता था। सतपाल के बेटे गुरलाल की चंडीगढ़ में हत्या कर दी गई थी। हत्या का आरोप कांग्रेस नेता गुरलाल सिंह पहलवान पर लगा। सतपाल और उनकी पत्नी मंजीत बेटे गुरलाल की हत्या का जिक्र करते हुए कहते हैं, ‘गोल्डी पढ़ाई के लिए कनाडा गया था। उसी के करीब 6 महीने बाद गुरलाल की हत्या का बदला लिया। यहीं से गोल्डी ने अपराध की दुनिया में कदम रखा।‘ सतपाल बताते हैं, ‘गोल्डी बचपन में शांत स्वभाव का था। पढ़ने-लिखने में भी अच्छा था। अपराध की दुनिया में जाने के बाद उसने मां-बाप से नाता तोड़ लिया। उसके पिता शमशेर सिंह कपूरथला जेल में हैं। मां भी अभी जमानत पर बाहर हैं।‘ गोल्डी के पिता शमशेर को फिल्लौर के एक व्यापारी से फिरौती मांगने के आरोप में मई 2026 में गिरफ्तार किया गया। इससे पहले दिसंबर 2024 में भी गोल्डी के पिता शमशेर और मां प्रीतपाल पर श्री मुक्तसर साहिब के एक सरकारी टीचर की शिकायत पर केस दर्ज हुआ था। उन पर 50 लाख रुपए की फिरौती मांगने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप है। शिकायत करने वाले के मुताबिक, उन्हें विदेशी मोबाइल नंबर से वॉट्सएप कॉल कर फिरौती मांगी गई थी। शुरुआत में पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की थी। जनवरी 2026 में पहली बार शमशेर सिंह का नाम आया।पुलिस ने शमशेर और उनकी पत्नी प्रीतपाल को 26 जनवरी, 2026 को अमृतसर के एक होटल से गिरफ्तार कर लिया। मार्च 2026 में प्रीतपाल को जमानत मिल गई। चाची के मुताबिक, गोल्डी की मां कभी-कभी गांव आती हैं। पिछले दो महीने से नहीं आईं। अभी कहां हैं, इसकी जानकारी नहीं है। तीन भाइयों का परिवार बिखरा, जमीन का भी बंटवारा हुआ सतपाल सिंह ने परिवार के बारे में बताया। गोल्डी के पिता शमशेर सिंह तीन भाइयों में सबसे छोटे हैं। सबसे बड़े भाई की कुछ साल पहले बीमारी से मौत हो गई थी। उनका बेटा गांव में खेती करता है। उसके पास करीब दो किले (दो एकड़) जमीन है। दोनों बेटियों की शादी हो चुकी है। सतपाल दूसरे नंबर पर हैं। उनके पास करीब पांच एकड़ जमीन है। उनकी बेटी की शादी हो गई है। सतपाल की पत्नी मंजीत कौर 7 साल से गांव की सरपंच हैं। शमशेर तीसरे नंबर के भाई हैं। उनका एक ही बेटा गोल्डी बराड़ है। सतपाल के मुताबिक, पहले तीनों भाइयों के पास करीब 5-5 एकड़ जमीन थी। सतपाल के अलावा बाकी दो भाइयों ने तीन-तीन एकड़ जमीन बेच दी। परिवार के बारे में बताते हुए सतपाल भावुक हो गए। तब पत्नी मंजीत ने बताया कि उनकी तबीयत ठीक नहीं रहती। अब पूरा परिवार बिखर चुका है। कभी यहां पंजाब पुलिस आती है, तो कभी दिल्ली पुलिस। गोल्डी बराड़ का नेटवर्क भारत से लेकर कनाडा तक फैला है, ग्राफिक्स में देखिए उसके नेटवर्क में कौन-कौन शामिल हैं… …………………………………………… ये खबर भी पढ़ें… साबरमती की '10-खोली' में लॉरेंस बिश्नोई की जिंदगी 10-12 फीट की कोठरी, सामने छोटा सा गार्डन, दीवार पर हनुमान जी और भगत सिंह की तस्वीरें और आसपास तैनात गार्ड। हाई-सिक्योरिटी वाली साबरमती जेल में यही गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई की दुनिया है। दावा किया जाता है कि यहीं से लॉरेंस अपनी ‘L-कंपनी’ चला रहा है। खुद कंपनी का CEO, यानी गैंग का सरगना है। उसके नीचे 3-4 भरोसेमंद कमांडर और पूरा नेटवर्क काम करता है। पढ़िए पूरी खबर…
जाब में पाकिस्तान सीमा से ड्रोन के जरिये हथियारों की कथित तस्करी और स्थानीय आपूर्तिकर्ताओं के माध्यम से दूसरे राज्यों तक उनकी पहुंच राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए गंभीर चुनौती बनती जा रही है।
पंजाब रेरा का आदेश : फ्लैट देरी से देने पर बिल्डर देगा 10.80% ब्याज
Punjab RERA order: Builder to pay 10.80% interest for delay in flat delivery
पंजाब: नाबालिगों के कथित नशा सेवन का वीडियो शेयर कर रवनीत सिंह बिट्टू ने पंजाब सरकार पर साधा निशाना
पंजाब: नाबालिगों के कथित नशा सेवन का वीडियो शेयर कर रवनीत सिंह बिट्टू ने पंजाब सरकार पर साधा निशाना
Punjab Assembly सत्र 10 मिनट में स्थगित, Congress ने आप सरकार को घेरा
पंजाब विधानसभा के सत्र का पहला दिन महज 10 मिनट में समाप्त होने के बाद बृहस्पतिवार को प्रदेश कांग्रेस ने आम आदमी पार्टी (आप) सरकार पर निशाना साधा। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री भगवंत मान की सरकार कानून-व्यवस्था और नशे की समस्या समेत राज्य के अहम मुद्दों पर जवाब देने के बजाय सदन से ‘‘भाग गई।’’शोक प्रस्तावों के बाद विधानसभा अध्यक्ष कुलतार सिंह संधवां ने सदन की कार्यवाही शुक्रवार तक के लिए स्थगित कर दी। शोक प्रस्तावों के बाद प्रश्नकाल, ध्यानाकर्षण प्रस्ताव, संकल्प और अन्य विषयों पर चर्चा होनी थी। पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष परगट सिंह ने यहां संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि विधानसभा सत्र का पहला दिन महज नौ मिनट में समाप्त हो गया। उन्होंने आरोप लगाया कि नशा विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या समेत कई अहम मुद्दों पर सवालों का जवाब देने के बजाय सरकार ने जवाबदेही से बचने और विधानसभा से ‘‘भागने’’ का विकल्प चुना। उन्होंने कहा, ‘‘हम सदन में कानून-व्यवस्था, खेती और अन्य अहम मुद्दों पर चर्चा चाहते थे।’’नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा ने भी आप सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी झोटा की हत्या के मामले में मुख्यमंत्री भगवंत मान के इस्तीफे की मांग कर रही है। कांग्रेस विधायक ने कहा, ‘‘वह (मान) आज सदन में नहीं आए।’’बाजवा ने कहा कि अध्यक्ष ने गैर-सरकारी कामकाज नहीं कराया और दावा किया कि इस संबंध में विपक्षी दलों को विश्वास में नहीं लिया गया। उन्होंने संवाददाताओं से कहा, ‘‘यह पांच साल में आप की पहली नैतिक हार है। उन्होंने हार स्वीकार कर ली है। मंत्रियों और विधायकों के चेहरों पर हार साफ दिखाई दे रही थी।’’बाजवा ने कहा, ‘‘पंजाब में रहने वाले लोग इस बात पर एकमत हैं कि राज्य में कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है और यहां किसी की जान सुरक्षित नहीं है। हम (मान का) इस्तीफा मांगते हैं और वह जिम्मेदारी से भाग नहीं सकते।’’विधानसभा सत्र शुरू होने से पहले पंजाब कांग्रेस ने कानून-व्यवस्था और नशे की समस्या को लेकर विधानसभा परिसर के बाहर मुख्यमंत्री मान का पुतला भी जलाया। आप सरकार पर सभी मोर्चों पर ‘‘विफल’’ रहने का आरोप लगाते हुए बाजवा ने नशे की समस्या, कानून-व्यवस्था और राज्य पर बढ़ते कर्ज को लेकर सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा, ‘‘नशा हर घर तक पहुंच गया है। कोई भी खुद को सुरक्षित महसूस नहीं कर रहा है।’’बाजवा ने कहा, ‘‘पंजाब की अर्थव्यवस्था बदहाल है। राज्य पर कर्ज बढ़कर पांच लाख करोड़ रुपये हो गया है।’’नशा विरोधी कार्यकर्ता की हत्या के मुद्दे पर आप सरकार की आलोचना करते हुए बाजवा ने कहा कि न तो मुख्यमंत्री और मंत्रियों ने और न ही पार्टी अध्यक्ष ने झोटा के परिवार से मुलाकात की। परगट सिंह ने आरोप लगाया कि राज्य में शासन-व्यवस्था दिखाई नहीं दे रही है। उन्होंने कहा कि सरकारी कर्मचारियों, कंप्यूटर शिक्षकों, रोडवेज कर्मचारियों समेत विभिन्न वर्गों के लोग अपने अधिकारों के लिए सड़कों पर प्रदर्शन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनकी शिकायतों का समाधान करने के बजाय सरकार उनसे बचने के तरीके तलाश रही है। परगट सिंह ने कहा कि आम आदमी पार्टी ने पंजाब में सुशासन के बड़े-बड़े वादे किए थे, लेकिन अब राज्य में प्रशासनिक ‘‘कुप्रबंधन और जवाबदेही का स्पष्ट अभाव’’ दिखाई दे रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली से पंजाब का शासन चलाने वाले लोग अब राजनीतिक रूप से राज्य की स्थिति से दूरी बना रहे हैं, लेकिन वे राज्य को हुए नुकसान की जिम्मेदारी से बच नहीं सकते। परगट सिंह ने कहा कि कांग्रेस की सरकार बनने पर पंजाब के हितों को ‘‘नुकसान पहुंचाने’’ और लोगों के साथ ‘‘अन्याय’’ के लिए जिम्मेदार सभी लोगों की जवाबदेही तय की जाएगी। झोटा मामले का उल्लेख करते हुए परगट सिंह ने आरोप लगाया कि पांच मामलों का सामना कर रहे आरोपी को भी हथियार का लाइसेंस जारी किया गया था। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के हालिया पंजाब दौरे पर प्रतिक्रिया देते हुए सिंह ने कहा कि केवल राजनीतिक बयानबाजी से राज्य की समस्याओं का समाधान नहीं होगा। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार को बताना चाहिए कि पंजाब में नशे के कारोबार पर अंकुश लगाने और राज्य के हितों की रक्षा के लिए उसने अब तक कौन से ठोस कदम उठाए हैं।
New Delhi, 22 अक्टूबर . दिल्ली Government में मंत्री कपिल मिश्रा ने आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और सीजेपी से जुड़े नेताओं सौरव दास तथा…
'दिल्ली के बाद अब पंजाब की बारी' कपिल मिश्रा का आप पर हमला, सीजेपी नेताओं को बताया ‘किराये के क्रांतिवीर'
नशा विरोधी कार्यकर्ताओं की मौत पर जवाब देने से बच रही पंजाब सरकार : अश्वनी शर्मा
नशा विरोधी कार्यकर्ताओं की मौत पर जवाब देने से बच रही पंजाब सरकार : अश्वनी शर्मा
उड़ता पंजाब : 2 नाबालिग भाई नशे की चपेट में, मां मजदूरी करके करती है गुजारा
पंजाब विधानसभा में जहां गुरुवार को नशा विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की मृत्यु पर शोक व्यक्त किया जा रहा था, उसी समय दिल झकझोर देने वाला एक और वीडियो वायरल हुआ। इसमें 10 साल का बच्चा हेरोइन का नशा कर रहा है। दोनों भाई आए नशे की चपेट में वीडियो कपूरथला का है, जहां […]
Punjab Drugs पर Amit Shah से भिड़ गए Sanjay Raut, बोले- भ्रष्टाचार, बिश्नोई भी नशा| Punjab Election
#punjabdrugs #amitshah #sanjayraut #livehindustan Punjab Drugs पर Amit Shah से भिड़ गए Sanjay Raut, बोले- भ्रष्टाचार, बिश्नोई भी नशा| Punjab Election
आप नेता अमन अरोड़ा ने कांग्रेस पर हमला करते हुए कहा कि अगर वह 2027 में सत्ता में आई तो मुफ्त बिजली, मुख्यमंत्री स्वास्थ्य योजना और महिलाओं को वित्तीय मदद जैसी कल्याणकारी योजनाएं बंद कर देगी। उन्होंने कांग्रेस नेतृत्व को इन योजनाओं पर अपना रुख स्पष्ट करने की चुनौती दी, अन्यथा पंजाब में लूट का दौर लौट आएगा।
Punjab Assembly के विशेष सत्र में चर्चा के लिए विपक्ष स्वतंत्र, Harbhajan Singh ETO ने दी जानकारी
पंजाब के कैबिनेट मंत्री हरभजन सिंह ईटीओ ने गुरुवार को कहा कि पंजाब विधानसभा का विशेष सत्र जल्द ही शुरू होगा। उन्होंने कहा कि कार्यवाही के दौरान विपक्ष कोई भी मुद्दा उठा सकता है। सिंह ने कहा, पंजाब विधानसभा का विशेष सत्र जल्द ही शुरू होने वाला है। विपक्ष कोई भी मुद्दा उठा सकता है। इसके अलावा, सदन में प्रश्नकाल, ध्यानाकर्षण प्रस्ताव और शून्यकाल के दौरान विधायी कार्यों और निर्वाचन क्षेत्रों से जुड़े सवालों पर भी चर्चा होगी। सभी विधायकों को विधानसभा में मुद्दे उठाने का अधिकार है। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान को नशीले पदार्थों के मुद्दे और झोटा हत्याकांड को लेकर काफी आलोचनाओं का सामना करना पड़ रहा है। हत्याकांड को सीबीआई को सौंपे जाने के बाद, मंगलवार को शाह ने मान से अपील की कि वे बाकी दो मामलों को भी केंद्रीय एजेंसी को सौंप दें, क्योंकि राज्य सरकार इन्हें संभालने में सक्षम नहीं होगी। इसे भी पढ़ें: Diljit Dosanjh के फैंस का बढ़ा इंतजार, 30 अक्टूबर के JLN Stadium शो को नहीं मिला सुरक्षा क्लीयरेंस शाह ने कहा कि आज मैं मुख्यमंत्री से भी अपील करना चाहता हूँ: आप इसे संभाल नहीं पाएंगे। बाकी बचे दो मामलों को भी CBI को सौंप दें। उनके परिवार वालों की भी यही मांग है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि आम आदमी पार्टी ने पंजाब की जनता से नशा खत्म करने के कई वादे किए थे। सत्ता में आने से पहले, उन्होंने तीन से छह महीने के भीतर नशा खत्म करने का वादा किया था, लेकिन बाद में वे अपनी समय-सीमा बदलते रहे। उन्होंने बताया कि नशे के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई के लिए पहले 15 अगस्त 2024, फिर 31 दिसंबर 2024 और उसके बाद 1 मार्च 2025 की समय-सीमा तय की गई थी। नायब सिंह सैनी ने कहा कि पंजाब की जनता अब पूछ रही है कि चुनाव के दौरान किया गया वादा आखिर कब पूरा होगा। उन्होंने कहा कि नशा-विरोधी अभियानों का प्रचार बड़े-बड़े विज्ञापनों और पोस्टरों के जरिए किया गया, लेकिन पंजाब के लोग असल में बदलाव देखना चाहते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब सरकार ने जन कल्याण के लिए रखे गए फंड को विज्ञापनों पर खर्च कर दिया। इसे भी पढ़ें: Parwinder Singh Jhota मर्डर केस की जांच CBI करेगी, Punjab सरकार ने DSP और ड्रग इंस्पेक्टर को हटाया इस बीच, पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने पंजाब को नशा मुक्त बनाने के लिए राज्य सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई और कहा कि नशा तस्करों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे। मान ने कहा, नशा तस्करों के खिलाफ हमारी लड़ाई निर्णायक है। पंजाब को नशा मुक्त बनाने के लिए जो भी सख्त कदम उठाने की जरूरत होगी, हम पीछे नहीं हटेंगे।
पुष्पा गुजराल साइंस सिटी : पंजाब के डीईओ और प्राचार्यों ने देखीं नई वैज्ञानिक सुविधाएं
पुष्पा गुजराल साइंस सिटी कपूरथला में पंजाब के शिक्षा अधिकारियों और प्राचार्यों की बैठक आयोजित हुई, जहां उन्होंने मिशन मून फिल्म व कैप्सूल सिम्युलेटर जैसी नई सुविधाओं का जायजा लिया और स्कूली पाठ्यक्रम में व्यावहारिक विज्ञान शिक्षा को जोड़ने पर मंथन किया।
टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग का क्या है अमृतसर कनेक्शन? देखें पंजाब आजतक
पंजाब आजतक के इस बुलेटिन में आज आपको दिखाएंगे कि पंजाब में क्यों धरने पर बैठे तीन लाख सरकारी कर्मचारी? बॉलीवुड एक्टर टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग का क्या है पंजाब कनेक्शन? सीएम मान को क्यों दिल्ली एयरपोर्ट पर रोका गया? इसके अलावा पंजाब की अन्य प्रमुख खबरों के लिए देखें पंजाब आजतक.
'आप को पंजाब में नहीं बचा पाएगी बहानेबाजी की राजनीति', दिल्ली में अमित शाह का विपक्ष पर तीखा हमला
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पंजाब में एनडीए सरकार बनने का दावा किया और कहा कि आम आदमी पार्टी का सफाया तय है तथा नशा खत्म किया जाएगा।
'NDA सरकार बनेगी', पंजाब चुनाव के लिए अमित शाह का टारगेट सेट
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पंजाब में अगली सरकार बनाने को लेकर बड़ा दावा किया है. उन्होंने कहा कि पंजाब के लोग NDA की सरकार चाहते हैं और आम आदमी पार्टी चुनाव में हार जाएगी. शाह ने विपक्ष के विरोध प्रदर्शनों पर निशाना साधते हुए कहा कि इससे कुछ हासिल नहीं होगा.
अबोहर गोलीकांड के पीड़ित परिवार ने पंजाब विधानसभा के बाहर दिया धरना, भाजपा नेताओं ने सरकार पर लगाए गंभीर आरोप
एबीवीपी ने चंडीगढ़ में पंजाब में बढ़ते नशे के खिलाफ प्रदर्शन किया, जिसमें छात्रों ने पंजाब सरकार और पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। प्रदर्शन के दौरान कई छात्रों को पुलिस ने हिरासत में लिया।
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने दावा किया कि 2027 के विधानसभा चुनाव के बाद पंजाब में एनडीए की सरकार बनेगी। वह एक समारोह में बोल रहे थे। उन्होंने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी के सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल पंजाब के मुख्यमंत्री को काम नहीं करने दे रहे हैं। शाह ने यह भी दावा किया कि 2029 तक पंजाब से नशे का कारोबार खत्म कर देंगे। बहाने की राजनीति लंबी नही चलती है अमित शाह ने कहा कि मैं परसों ही पंजाब गया था। पंजाब के अंदर आप सरकार के नेतृत्व में जिस तरह नशे का व्यापार फला-फूला है, पंजाब की जनता ने तय कर लिया है। इस बार वहां पर एनडीए की सरकार होने वाली है। भाइयों-बहनों, मेरी बात याद रखना और केजरीवाल जी कान खोलकर सुन लो। बहाने की राजनीति लंबी नहीं चलती है। रिजल्ट लाने पड़ते हैं। दिल्ली से हार गए। पंजाब में डेरा जमाकर वहां के मुख्यमंत्री को काम नहीं करने देते हो। वहां का काम बिगाड़ रहे हो। मेरी बात ध्यान से सुन लो, अगले चुनाव में आम आदमी पार्टी का सूपड़ा वहां से साफ होने वाला है। हम 2029 तक पंजाब से नशे के व्यापार को खत्म कर देंगे।
पंजाब की खेल संस्कृति और महान हॉकी विरासत का गौरवशाली इतिहास
जब भी भारत में खेलकूद और विशेष रूप से राष्ट्रीय खेल हॉकी का नाम लिया जाता है, तो सबसे पहले जुबान पर पंजाब की माटी का नाम आता है। पंजाब वह उर्वरा भूमि रही है जिसने इस देश को एक से बढ़कर एक महान हॉकी के जांबाज सितारे, कप्तान और ओलंपिक पदक विजेता (Olympic Medallists) दिए हैं, जिनके दम पर भारत ने दुनिया भर में तिरंगे का मान बढ़ाया है। पंजाब के खेल प्रेम और इस खेल के प्रति दीवानगी का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि यहाँ के हर गली-कूचे और खेल के मैदान से निकलकर खिलाड़ियों ने अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर अपनी अमिट छाप छोड़ी है। इस महान परंपरा को जीवित रखने और आने वाली पीढ़ी को अपने गौरवशाली अतीत से जोड़ने के लिए पंजाब सरकार लगातार प्रयास कर रही है। राज्य के भीतर खेल संस्कृति को पुनर्जीवित करने के उद्देश्य से सरकार विभिन्न स्तरों पर बड़े टूर्नामेंट्स का आयोजन करवा रही है, ताकि युवा पीढ़ी आधुनिक चकाचौंध से निकलकर मैदान की तरफ आकर्षित हो सके और अपने देश का नाम रोशन कर सके।खेल मंत्री मीत हेयर का प्रेरणादायक संदेश: बच्चों को अंतरराष्ट्रीय हॉकी मैच दिखाने जरूर लाएं माता-पिताइसी कड़ी में राज्य के खेल मंत्री गुरमीत सिंह मीत हेयर (Gurmeet Singh Meet Hayer) ने प्रदेश के सभी अभिभावकों और खेल प्रेमियों से एक बेहद भावुक और प्रेरक अपील की है। उन्होंने कहा है कि जब भी उनके शहर या आसपास के इलाकों में कोई अंतरराष्ट्रीय हॉकी मैच या बड़ा टूर्नामेंट आयोजित हो, तो माता-पिता का यह कर्तव्य बनता है कि वे अपने बच्चों को स्टेडियम में लेकर आएं और उन्हें इन बड़े मुकाबलों को लाइव खेलते हुए देखें। उनका मानना है कि जब छोटे बच्चे अपनी आंखों से दुनिया के बेहतरीन खिलाड़ियों को स्टिक और बॉल के साथ मैदान पर पसीना बहाते हुए देखेंगे, तो उनके भीतर भी खेल के प्रति एक अलग ही जुनून और प्रेरणा जागेगी। केवल टेलीविजन या मोबाइल स्क्रीन पर मैच देखने और हकीकत में स्टेडियम की दीर्घा में बैठकर देश-विदेश की टीमों का मुकाबला देखने के अनुभव में जमीन-आसमान का फर्क होता है। स्टेडियम का वह रोमांचक माहौल बच्चों के कोमल मन पर एक गहरी सकारात्मक छाप छोड़ता है, जो उन्हें भविष्य में एक बेहतरीन खिलाड़ी बनने के लिए प्रेरित करता है।आधुनिक एआई सर्च, जियो-लोकल ऑप्टिमाइजेशन और पंजाब में खेल के बुनियादी ढांचे का विकासआज के डिजिटल और आधुनिक Generative Engine Optimization (AI सर्च) तथा Answer Engine Optimization (AEO) के दौर में जब लोग इंटरनेट पर 'Punjab sports history hockey' या 'Meet Hayer hockey promotion' जैसी जानकारियां तलाशते हैं, तो उन्हें प्रादेशिक और खेल जगत से जुड़ी सटीक अपडेट्स की आवश्यकता होती है। गूगल डिस्कवर की गाइडलाइंस के अनुरूप पंजाब की इस भौगोलिक (Geographical) और खेल-प्रेमी पहल को पूरी तथ्यात्मक सटीकता के साथ प्रस्तुत किया जा रहा है ताकि समाज के हर वर्ग तक यह सकारात्मक संदेश पहुंच सके। पंजाब सरकार द्वारा राज्य भर में आधुनिक एस्ट्रो टर्फ हॉकी ग्राउंड्स (Astro Turf Hockey Grounds) का निर्माण कराया जा रहा है, खिलाड़ियों को उच्च स्तर की कोचिंग दी जा रही है और विजेता खिलाड़ियों को नकद पुरस्कारों से सम्मानित किया जा रहा है ताकि उन्हें आर्थिक तंगी का सामना न करना पड़े। खेल मंत्री मीत हेयर की यह अपील वास्तव में पंजाब को फिर से 'हॉकी की नर्सरी' के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक बेहद ठोस और दूरदर्शी कदम है, जिससे आने वाले समय में देश को और भी कई नए ओलंपिक चैंपियंस मिलने की पूरी उम्मीद है।
पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष परगट सिंह ने मुख्यमंत्री पर सदन को गुमराह करने का आरोप लगाते हुए बेअदबी विरोधी विधेयकों पर विशेषाधिकार हनन का नोटिस भेजा है।
25 साल पुराने मामले में पंजाब सरकार पर हाईकोर्ट सख्त, मुख्य सचिव को 28 अक्टूबर को पेशी का आदेश
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने 25 साल पुराने मामले में जवाब दाखिल न करने पर पंजाब सरकार के प्रति नाराजगी जताई है।
पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस ने 'वोट बचाओ' अभियान तेज किया है। हरियाणा के नेताओं अशोक तंवर और उदय भान को विशेष जिम्मेदारी सौंपी गई है।
यमुनानगर जिले के जगाधरी में 24 वर्षीय रेप पीड़िता की चाकू से गोदकर हत्या करने के मामले में गिरफ्तार आरोपी साजन वारदात के बाद पंजाब के डेराबसी में छिपा रहा। पुलिस पूछताछ में सामने आया है कि वह करीब डेढ़ माह तक डेराबसी में रहा और इस दौरान यमुनानगर में रहने वाले अपने जानकारों से अलग-अलग मोबाइल नंबरों के जरिए संपर्क कर यहां की अपडेट लेता रहा। पुलिस ने उसे ट्रेस करने के बाद गिरफ्तार किया। अब आरोपी चार दिन के पुलिस रिमांड पर है। पुलिस उसे डेराबसी भी लेकर गई, जहां उसकी निशानदेही पर कपड़े बरामद किए गए हैं। पुलिस रिमांड के दौरान आरोपी से लगातार पूछताछ की जा रही है। जांच में यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि वारदात के बाद वह किन लोगों के संपर्क में रहा और फरारी के दौरान किन स्थानों पर छिपा था। पुलिस मामले से जुड़े अन्य साक्ष्य बरामद करने और वारदात के पीछे के अन्य कारणों का पता लगाने में जुटी है। हत्या के बाद पंजाब भाग गया था आरोपी जगाधरी में महिला की हत्या के बाद आरोपी साजन यमुनानगर से फरार हो गया था। पुलिस के अनुसार, वह पंजाब के डेराबसी में जाकर छिप गया। करीब डेढ़ माह तक वहां रहने के दौरान वह यमुनानगर में मौजूद अपने जानकारों से अलग-अलग मोबाइल नंबरों के जरिए संपर्क करता रहा और यहां की गतिविधियों की जानकारी लेता रहा। पुलिस उसकी तलाश में जुटी थी। आखिरकार उसे ट्रेस कर गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश कर चार दिन के रिमांड पर लिया। पूछताछ के दौरान आरोपी ने डेराबसी में अपने ठिकाने के बारे में जानकारी दी। इसके बाद पुलिस उसे वहां लेकर गई, जहां उसकी निशानदेही पर कपड़े बरामद किए गए। पुलिस अब इन कपड़ों समेत अन्य साक्ष्यों की जांच कर रही है। रिमांड के दौरान आरोपी से वारदात से जुड़े दूसरे पहलुओं पर भी पूछताछ की जा रही है। महिला के साथ पुरानी रंजिश का भी आरोप मामले के अनुसार, महिला और आरोपी साजन एक-दूसरे के पड़ोसी थे। महिला के परिजनों ने आरोप लगाया था कि करीब डेढ़ साल पहले महिला ने साजन के खिलाफ दुष्कर्म का केस दर्ज कराया था। बाद में दोनों पक्षों के बीच समझौता हो गया था, लेकिन इसके बावजूद परिवारों के बीच रंजिश बनी हुई थी। महिला के पति के साथ मारपीट के मामले में भी आरोपी जेल गया था। हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद वह बाहर आया था। आरोप है कि दो सितंबर की शाम साजन महिला के घर में घुस आया था। उसे देखकर महिला जान बचाने के लिए पड़ोस के घर में छिपने चली गई, लेकिन आरोपी पीछा करते हुए वहां भी पहुंच गया और उस पर चाकू से कई वार कर दिए। आरोपी ने देवर को भी ललकारा था घटना के समय महिला का पति काम के सिलसिले में बाहर गया हुआ था। घर पर महिला की नौ महीने की बेटी, चार साल का बेटा और उसका देवर मौजूद थे। महिला के देवर ने आरोप लगाया था कि हमले के दौरान आरोपी ने उसे भी ललकारा था। पुलिस अब आरोपी से पूछताछ कर हत्या में इस्तेमाल हथियार और अन्य साक्ष्य बरामद करने के प्रयास कर रही है। साथ ही वारदात के पीछे की वजहों और फरारी के दौरान आरोपी के संपर्क में रहे लोगों के संबंध में भी जानकारी जुटाई जा रही है।
Punjab में नशा विरोधी कार्यकर्ता Parvinder Singh Jhota की हत्या की जांच CBI ने संभाली
केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने पंजाब के मानसा में नशा विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या के मामले में प्राथमिकी दर्ज कर जांच अपने हाथ में ले ली है और सभी पहलुओं की पड़ताल के लिए विशेषज्ञों की एक टीम राज्य पहुंच गई है। अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी। इस बीच, कांग्रेस ने पंजाब की भगवंत मान सरकार पर नशीले पदार्थ की समस्या से निपटने में विफल रहने का आरोप लगाया। विपक्ष की बढ़ती आलोचना के बीच, आम आदमी पार्टी (आप) के एक वरिष्ठ नेता ने दावा किया कि हत्या के मामले के सिलसिले में बुधवार को एक पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी) और एक ड्रग निरीक्षक को निलंबित कर दिया गया। निलंबन के संबंध में आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है। अधिकारियों ने बताया कि एजेंसी ने औषधि नियंत्रक, फॉरेंसिक विशेषज्ञों और वस्तु एंव सेवा कर (जीएसटी) अधिकारियों को शामिल करते हुए एक विशेष टीम का गठन किया है, जो मंगलवार रात मानसा पहुंची और पुलिस से मामले से जुड़े दस्तावेज सौंपने का औपचारिक अनुरोध किया। उन्होंने बताया कि सीबीआई की टीम ने झोटा के घर पहुंचकर परिवार से मुलाकात की। प्रक्रिया के अनुसार, सीबीआई अपनी जांच शुरू करने से पहले राज्य पुलिस द्वारा दर्ज प्राथमिकी को फिर से दर्ज करती है। सीबीआई की अंतिम रिपोर्ट उसकी जांच के निष्कर्षों पर आधारित होती है, जो आरोपों को सही ठहरा भी सकती है और नहीं भी। अधिकारियों ने बताया कि सीबीआई टीम झोटा के घर पहुंची और उनके परिवार से मुलाकात की। अधिकारियों ने बताया कि झोटा के शव का पोस्टमार्टम चंडीगढ़ स्थित स्नातकोत्तर चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (पीजीआईएमईआर) में विशेषज्ञों की टीम द्वारा किया जाएगा, जबकि मजिस्ट्रेट की ओर से चंडीगढ़ में पंचनामा भरा जाएगा। सीबीआई ने पंजाब सरकार के गृह विभाग की ओर से 20 अक्टूबर को सहमति दिए जाने के बाद मामले की जांच अपने हाथ में ली है। झोटा की गोली मारकर हत्या किए जाने के एक हफ्ते से भी ज़्यादा समय बीत जाने के बाद भी, अभी तक उनका पोस्टमार्टम और अंतिम संस्कार नहीं हो पाया है। उनके परिवार वालों और समर्थकों ने न्याय मिलने तक अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया है। वे मानसा में विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं। झोटा का शव पिछले आठ दिनों से मानसा सिविल अस्पताल के मुर्दाघर में रखा हुआ है। झोटा दवा की दुकानों पर नशीले पदार्थों की अवैध बिक्री के खिलाफ आवाज उठाने के लिए जाने जाते थे। उनकी 13 अक्टूबर को मानसा के एक बाजार में स्थित दवा की दुकान के भीतर दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। झोटा की हत्या के मामले में दुकान मालिक अश्वनी कुमार को राजस्थान के सालासर से हिरासत में लिया गया। कुमार पर आरोप है कि जब झोटा ने एक बुजुर्ग व्यक्ति को नशीले पदार्थ बेचने को लेकर उससे सवाल किया, तो उसने झोटा पर गोली चला दी। इस घटना के बाद पंजाब में राजनीतिक घमासान शुरू हो गया। पंजाब में अगले साल की शुरुआत में चुनाव होने हैं। विपक्ष के नेता प्रताप सिंह बाजवा ने बुधवार को यहां झोटा के पिता भीम सिंह से मुलाकात की और उन्हें भरोसा दिलाया कि कांग्रेस बृहस्पतिवार से शुरू हो रहे पंजाब विधानसभा सत्र में इस मुद्दे को जोर-शोर से उठाएगी। पूर्व सैनिक भीम सिंह से मुलाकात के बाद मानसा में पत्रकारों से बातचीत करते हुए बाजवा ने कहा कि विपक्षी पार्टी सदन में मुख्यमंत्री भगवंत मान के इस्तीफे की मांग करेगी। पंजाब भाजपा प्रमुख केवल सिंह ढिल्लों ने भी मान के इस्तीफे की मांग की। उन्होंने दावा किया कि आप सरकार कई मोर्चों पर विफल रही है, जिनमें शासन, नशीले पदार्थों के खिलाफ लड़ाई और कानून-व्यवस्था शामिल हैं। कुमार के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) के प्रावधानों और शस्त्र अधिनियम, 1959 की धारा 25 तथा 27 के तहत हत्या, खतरनाक हथियारों से स्वेच्छा से चोट पहुंचाने, साझा इरादे से आपराधिक साजिश रचने और अवैध तरीके से हथियार रखने के आरोपों में मामला दर्ज किया गया था। मान ने मंगलवार को घोषणा की थी कि इस घटना की जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) से कराई जाएगी। उन्होंने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘‘हम मादक पदार्थ के खिलाफ लड़ाई लड़ने वाले परविंदर सिंह झोटा के पिता और परिजन के साथ मजबूती से खड़े हैं। परिवार की मांग को स्वीकार करते हुए हम इस मामले की जांच सीबीआई को सौंप रहे हैं। मादक पदार्थ तस्करों के खिलाफ हमारी जंग पूरी ताकत से जारी है। पंजाब को नशा मुक्त बनाने के लिए हमें जो भी कड़े कदम उठाने पड़ेंगे, हम उनसे पीछे नहीं हटेंगे।’’
Mirzapur News: पंजाब और यूपी के पहलवानों में बराबरी पर छूटी 51000 की कुश्ती
Wrestling match with a prize of 51,000 between wrestlers from Punjab and UP ends in a draw.
Mohali News: पंजाब विवि ने जीती चेकमेट राष्ट्रीय मूट कोर्ट प्रतियोगिता
पंजाब विवि ने जीती चेकमेट राष्ट्रीय मूट कोर्ट प्रतियोगिता
Mohali News: पुलिस पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन ने पंजाब पुलिस के शहीदों को किया नमन
पुलिस पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन ने पंजाब पुलिस के शहीदों को किया नमन
सीबीआई ने नशा-विरोधी कार्यकर्ता की हत्या मामले की जांच शुरू की: पंजाब भाजपा अध्यक्ष
चंडीगढ़, 21 अक्टूबर . पंजाब भाजपा अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों ने Wednesday को बताया कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नशा-विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा के परिवार…
केरल-मुंबई और पंजाब ने हासिल की बड़ी जीत, मेघालय ने रोमांचक मुकाबले में मारी बाजी
केरल, मुंबई और पंजाब की टीमों ने रणजी ट्रॉफी में दमदार जीत हासिल की। जलज ने पांच विकेट लिए। पहले दौर के बाद शीर्ष पर काबिज गुजरात अंक तालिका में तीसरे स्थान पर खिसक गया
पंजाब के खेल इतिहास में एक और स्वर्णिम अध्याय जुड़ गया है। आजादी के बाद यह पहला मौका है जब जालंधर का प्रसिद्ध ओलंपियन सुरजीत सिंह हॉकी स्टेडियम किसी अंतरराष्ट्रीय हॉकी टूर्नामेंट की मेजबानी करने जा रहा है। आम आदमी पार्टी के सांसद गुरमीत सिंह मीत हेयर ने इस प्रतिष्ठित एशियन चैंपियंस ट्रॉफी 2026 को पंजाब लाने के लिए मुख्यमंत्री भगवंत मान का आभार व्यक्त किया है। जालंधर के ऐतिहासिक स्टेडियम में टूर्नामेंट की तैयारियों का जायजा लेने पहुंचे मीत हेयर ने कहा कि यह पंजाब और इसकी समृद्ध खेल विरासत के लिए बेहद गर्व का पल है। संसारपुर ने दुनिया को दिए 7 ओलंपिक पदक- सांसद पंजाब के हॉकी में ऐतिहासिक योगदान को याद करते हुए सांसद मीत हेयर ने कहा कि राज्य की माटी ने देश को महान हॉकी सितारे और ओलंपिक पदक विजेता दिए हैं। अकेले जालंधर के संसारपुर गांव ने दुनिया को 14 अंतरराष्ट्रीय हॉकी खिलाड़ी दिए हैं। इनमें से 9 खिलाड़ियों ने भारत, 4 ने केन्या और 1 ने कनाडा का प्रतिनिधित्व किया है। इस छोटे से गांव ने देश को 7 ओलंपिक पदक देने का गौरव हासिल किया है। इन दिग्गजों का होम ग्राउंड रहा है सुरजीत स्टेडियम मीत हेयर ने विशेष तौर पर भारतीय टीम के स्टार खिलाड़ियों, हरमनप्रीत सिंह, मनप्रीत सिंह और मनदीप सिंह का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि इन मौजूदा अंतरराष्ट्रीय सितारों ने इसी सुरजीत स्टेडियम से अपने हॉकी करियर की शुरुआत की थी। पेरिस ओलंपिक समेत दुनिया के बड़े मंचों पर देश का नाम रोशन करने वाले ये खिलाड़ी अब एक बार फिर अपने घरेलू दर्शकों के सामने उसी मैदान पर खेलते नजर आएंगे, जहां से उन्होंने हॉकी की एबीसीडी सीखी थी। 6 देशों की टीमें दिखाएंगी दम, 4-5 नवंबर को मोहाली में फाइनल इस टूर्नामेंट में एशिया की छह दिग्गज टीमें हिस्सा ले रही हैं, जिनमें भारत, मलेशिया, जापान, दक्षिण कोरिया, चीन और बांग्लादेश शामिल हैं। टूर्नामेंट के शुरुआती और लीग मुकाबले जालंधर में खेले जाएंगे। इसके बाद रोमांचक सेमीफाइनल और फाइनल मुकाबले 4 और 5 नवंबर को मोहाली में आयोजित होंगे। मीत हेयर की अपील- स्टेडियमों को खचाखच भर दो पंजाबियों सांसद गुरमीत सिंह मीत हेयर ने पंजाब के सभी हॉकी प्रेमियों और अभिभावकों से अपील की है कि वे अपने बच्चों को साथ लेकर बड़ी संख्या में स्टेडियम पहुंचें। उन्होंने कहा कि इस समय देश का प्रतिनिधित्व कर रहे भारतीय दल में पंजाब के 9 खिलाड़ी शामिल हैं। वे अपने गृह राज्य के समर्थन के हकदार हैं। आइए, 27 अक्टूबर से शुरू हो रहे इन मुकाबलों में स्टेडियमों को भरकर दुनिया को दिखा दें कि हॉकी आज भी पंजाबियों की रूह में बसती है।
फिरोजपुर ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र के विधायक रजनीश कुमार दहिया ने आंगनबाड़ी हेल्परों को नियुक्ति पत्र सौंपे। इस दौरान सीडीपीओ सुखविंदर कौर भी मौजूद रहीं। विधायक दहिया ने बताया कि पंजाब सरकार लगातार रोजगार देने की मुहिम चला रही है। इसी कड़ी में आंगनवाड़ी हेल्परों को ये नियुक्ति पत्र दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि सरकारी योजनाओं को आम लोगों तक पहुंचाने में आंगनवाड़ी केंद्रों की अहम भूमिका है। सरकार- जनता के बीच महत्वपूर्ण कड़ी है आंगनबाड़ी वर्कर : दहिया विधायक रजनीश कुमार दहिया ने कहा कि आंगनबाड़ी वर्कर और हेल्पर सरकार और जनता के बीच एक महत्वपूर्ण कड़ी हैं। वे बच्चों और परिवारों तक स्वास्थ्य, सामाजिक सुरक्षा और आर्थिक सहायता से जुड़ी योजनाओं का लाभ पहुंचाती हैं। दहिया ने सभी नई हेल्परों को बधाई दी और कहा कि वे अब सरकारी व्यवस्था का हिस्सा हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि सभी अपनी जिम्मेदारी ईमानदारी से निभाएंगी और लोगों को जनकल्याणकारी योजनाओं के बारे में जागरूक करेंगी।
Parwinder Singh Jhota मर्डर केस की जांच CBI करेगी, Punjab सरकार ने DSP और ड्रग इंस्पेक्टर को हटाया
पंजाब सरकार ने नशा-विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या के मामले में डीएसपी हरजिंदर सिंह गिल और ड्रग इंस्पेक्टर नरेश कुमार को सस्पेंड कर दिया है। यह कार्रवाई तब हुई है जब मुख्यमंत्री भगवंत मान ने घोषणा की कि झोटा की हत्या की जांच सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (CBI) को सौंपी जाएगी। उन्होंने यह फैसला कार्यकर्ता के परिवार की मांग को मानते हुए लिया है। मान ने मंगलवार को इस फैसले की घोषणा करते हुए कहा कि सरकार झोटा के पिता और उनके परिवार के साथ पूरी मजबूती से खड़ी है। परिवार इस हत्या की जांच CBI से कराने की मांग कर रहा था। इसे भी पढ़ें: Pakistan के पंजाब प्रांत में भीषण सड़क हादसा: बेकाबू बस डिवाइडर से टकराकर पलटी, 11 यात्रियों की दर्दनाक मौत और 30 से अधिक घायल सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर एक पोस्ट में, मान ने कहा कि परिवार की मांग को देखते हुए सरकार ने इस मामले को CBI को सौंपने का फैसला किया है। उन्होंने पंजाब में नशीले पदार्थों के खिलाफ अपना अभियान जारी रखने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि राज्य को नशा मुक्त बनाने के लिए सरकार कड़े कदम उठाने से पीछे नहीं हटेगी। उनकी यह घोषणा ऐसे समय में आई है, जब झोटा के परिवार ने हत्या से जुड़ी परिस्थितियों की जांच किसी केंद्रीय एजेंसी से कराने की मांग की थी। डीएसपी हरजिंदर सिंह गिल और ड्रग इंस्पेक्टर नरेश कुमार का निलंबन इस मामले में एक नया घटनाक्रम है। हालाँकि, उपलब्ध जानकारी में उनके निलंबन के ठोस कारणों का विवरण नहीं दिया गया है। परविंदर सिंह झोटा मेडिकल स्टोरों पर नशीली दवाओं की कथित अवैध बिक्री के खिलाफ आवाज़ उठाने के लिए जाने जाते थे। 13 अक्टूबर को पंजाब के मानसा में एक व्यस्त बाज़ार में स्थित एक मेडिकल स्टोर के अंदर गोली मारकर उनकी हत्या कर दी गई। मिली जानकारी के अनुसार, यह घटना तब हुई जब झोटा ने दुकान पर एक बुजुर्ग व्यक्ति को नशीली दवाएं बेचे जाने पर सवाल उठाया। आरोप है कि दुकान के मालिक अश्वनी कुमार ने झोटा पर गोली चला दी। इसे भी पढ़ें: Delhi Airport पर Bhagwant Mann पर 50 हजार का जुर्माना, AAP ने केंद्र पर लगाया गंभीर आरोप इस हत्या के बाद, उनके परिवार ने मामले की गहन जांच की मांग की है। परिजनों का ज़ोर है कि यह मामला CBI को सौंप दिया जाना चाहिए। बताया जाता है कि जब गोलीबारी हुई, तब झोटा फेसबुक पर लाइव ब्रॉडकास्ट कर रहा था। यह घटना एक मेडिकल स्टोर के अंदर हुई, जहाँ नशीली दवाओं की कथित बिक्री को लेकर विवाद हो गया था। मिली जानकारी के अनुसार, हत्या के बाद अश्वनी कुमार को राजस्थान के सालासर से हिरासत में ले लिया गया।
दिल्ली हवाई अड्डे पर पंजाब सीएम पर कस्टम कार्रवाई, 3 घंटे इंतजार के बाद लगा जुर्माना
चंडीगढ़, 21 अक्टूबर . आम आदमी पार्टी (आप) ने Wednesday को दावा किया कि पंजाब के Chief Minister भगवंत मान को पेरिस से लौटने के बाद दिल्ली के…
पाकिस्तान के पंजाब में बड़ा हादसा, बस पलटने से 11 लोगों की मौत, 30 से अधिक घायल
पाकिस्तान के पंजाब में बस पलटने से 11 लोगों की मौत हो गई है और 30 से अधिक घायल हो गए हैं। पाकिस्तान के पंजाब प्रांत की सीएम मरियम नवाज ने इस घटना पर दुख जताया है।
पंजाब पहली बार एशियन हॉकी चैंपियनशिप ट्रॉफी की मेजबानी करेगा, जिसे मुख्यमंत्री भगवंत मान के प्रयासों का परिणाम बताया गया है। मोहाली के मेयर सरबजीत सिंह ने कहा कि यह आयोजन राज्य में खेलों को बढ़ावा देगा और युवाओं को प्रेरित करेगा, जिसमें 25 करोड़ रुपये का स्टेडियम अपग्रेडेशन भी शामिल है।
शाह की पंजाब में नशा पीड़ितों के परिवारों से मुलाकात, मान ने लगाए राजनीति करने के आरोप
पंजाब में नशे के मुद्दे को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गुरदासपुर, संगरूर और मानसा का दौरा कर पीड़ित परिवारों से मुलाकात की. उन्होंने परिवारों को न्याय का आश्वासन दिया. इस दौरान मुख्यमंत्री भगवंत मान ने मामले में सीबीआई जांच के आदेश दिए हैं.
CM मान के प्रयासों से पंजाब को पहली बार एशियन हॉकी चैंपियनशिप ट्रॉफी की मेज़बानी मिली: सरबजीत सिंह
सरबजीत सिंह ने कहा कि खेलों को बढ़ावा देना सिर्फ सरकार की ही नहीं, बल्कि पूरे समाज की जिम्मेदारी है। उन्होंने सभी पंजाबियों से अपील की कि वे खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाने के लिए बड़ी संख्या में स्टेडियम जाएं।
Punjab Police ने ड्रग्स तस्करों की 902 करोड़ की संपत्ति जब्त की, DGP गौरव यादव ने दी जानकारी
पंजाब के पुलिस महानिदेशक गौरव यादव ने बुधवार को कहा कि पंजाब पुलिस ने मादक पदार्थों के खिलाफ निर्णायक प्रहार किया है। उन्होंने बताया कि 16 मार्च 2022 से राज्य में स्वापक औषधि एवं मन:प्रभावी पदार्थ (एनडीपीएस) अधिनियम के तहत अब तक 95,000 से अधिक मामले दर्ज किए गए हैं। इन मामलों में 1.27 लाख से अधिक गिरफ्तारियां हुई हैं और 7,260 किलोग्राम से अधिक हेरोइन बरामद की गई है। डीजीपी ने कहा कि नशीले पदार्थों के कारोबार की आर्थिक जड़ों पर प्रहार करते हुए पुलिस ने मादक पदार्थ तस्करों की 902 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की है। यह देश में अब तक की सबसे बड़ी जब्ती है। इसके साथ ही अदालतों में 90 प्रतिशत की अभूतपूर्व दोषसिद्धि दर हासिल की गई है। उन्होंने पुलिस स्मृति दिवस समारोह से इतर संवाददाताओं से कहा कि अप्रैल 2022 से चलाए जा रहे अभियानों के जरिए 1,288 संगठित आपराधिक गिरोहों को खत्म किया गया है और 3,300 से अधिक गिरोह के सदस्यों को गिरफ्तार किया गया है। समारोह में कर्तव्य निर्वहन के दौरान अपने प्राण न्योछावर करने वाले पुलिसकर्मियों को श्रद्धांजलि दी गई। यह कार्यक्रम जालंधर में पंजाब सशस्त्र पुलिस (पीएपी) मुख्यालय में आयोजित किया गया था। राष्ट्रीय पुलिस स्मृति दिवस 1959 में आज ही के दिन लद्दाख के हॉट स्प्रिंग क्षेत्र में चीनी सैनिकों की ओर से घात लगाकर किए गए हमले में जान गंवाने वाले केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के 10 जवानों की याद में मनाया जाता है। ‘युद्ध नशियां विरुद्ध’ (नशे के खिलाफ युद्ध) अभियान के तहत नयी रणनीतिक रूपरेखा पेश करते हुए डीजीपी ने बताया कि अब यह अभियान 60 दिनों के एक गहन ‘मिशन’ में बदल गया है। इसके अंतर्गत नशीले पदार्थों से जुड़े सभी चिह्नित ‘हॉटस्पॉट’ पर वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों और नागरिक प्रशासन के राजपत्रित अधिकारी चौबीसों घंटे संयुक्त रूप से निगरानी कर रहे हैं। डीजीपी ने कहा कि भविष्य की रणनीतियों में मादक पदार्थों के कारोबार से जुड़े वित्तीय नेटवर्क को ध्वस्त करने, ‘हॉटस्पॉट’ पर कार्रवाई करने, 1,600 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश से बुनियादी ढांचे का आधुनिकीकरण करने और साइबर सुरक्षा क्षमताओं को मजबूत करने पर ध्यान दिया जाएगा। इन उपायों का उद्देश्य राज्य भर में आपराधिक गिरोहों की गतिविधियों पर प्रभावी ढंग से अंकुश लगाना है।
चूरू जिले की रतनगढ़ पुलिस ने गश्त के दौरान प्याज के कट्टों से भरे एक ट्रक से अवैध डोडा पोस्त जब्त किया है। पुलिस ने ट्रक में सवार तरणतारन, पंजाब निवासी गुरशेर सिंह और अर्शदीप सिंह को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई रतनगढ़ पुलिस ने मेगा हाईवे पर पड़िहारा रेलवे फाटक के पास की। रतनगढ़ थानाधिकारी संदीप कुमार विश्नोई ने बताया कि एसपी निश्चय प्रसाद एम के निर्देश पर अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ अभियान चल रहा है। एसआई गिरधारीलाल को मुखबिर से जानकारी मिली थी कि एक ट्रक में अवैध डोडा पोस्त ले जाया जा रहा है। सूचना के बाद पुलिस ने कड़ी नाकाबंदी करवाई। टीम ने मेगा हाईवे पर पड़िहारा में रेलवे फाटक के पास प्याज से भरे ट्रक को रोका। तलाशी में ट्रक के केबिन से 19 किलो 860 ग्राम डोडा पोस्त बरामद हुआ। पुलिस ने डोडा पोस्त सहित ट्रक जब्त कर एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। दोनों तस्करों से पूछताछ जारी है। मामले की जांच एसआई राजकुमार को सौंपी गई है।
पाकिस्तान: पंजाब में हाईवे पर यात्री बस पलटने से 10 की मौत, 44 घायल
पाकिस्तान में बुधवार को सड़क हादसे में 10 की मौत हो गई जबकि 44 लोग घायल हो गए। स्थानीय मीडिया ने पुलिस और रेस्क्यू प्रोवाइडर के हवाले से इसकी जानकारी दी।
पेरिस से लौटने पर पंजाब के मुख्यमंत्री को दिल्ली एयरपोर्ट पर तीन घंटे रोके रखने और चालान काटने का मामला सामने आया है। 'आप' ने इसे अपमान बताया है।
अबोहर के संत नगर निवासी अजय कुमार की गोली लगने के बाद इलाज के दौरान मौत हो गई थी। इंसाफ की मांग को लेकर बुधवार को दूसरे दिन भी सिविल अस्पताल की मोर्चरी के बाहर परिजनों और कई संगठनों का धरना जारी रहा। उन्होंने पंजाब सरकार और पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सीबीआई जांच की मांग की। व्यापारिक संगठनों के कहने पर बुधवार को प्रस्तावित अबोहर बंद को अभी टाल दिया गया। शहर के बाजार सामान्य दिनों की तरह खुले रहे। संगठनों ने पीड़ित परिवार को भरोसा दिया कि वे उनके साथ हैं। परिजनों और समाज के प्रतिनिधियों ने पंजाब पुलिस की जांच पर भरोसा न होने की बात कही। उन्होंने सीबीआई जांच की मांग दोहराई। चेतावनी दी गई कि इंसाफ न मिलने पर पूरे पंजाब में बंद का ऐलान होगा और अजय का अंतिम संस्कार भी नहीं किया जाएगा। विधायक संदीप जाखड़ बोले-इंसाफ के लिए सड़कों पर बैठना दुखदधरने में पहुंचे विधायक संदीप जाखड़ ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर दुख व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इससे अधिक दुर्भाग्यपूर्ण क्या होगा कि एक परिवार अपने बेटे को खोने के बाद इंसाफ की मांग के लिए धरने पर बैठने को मजबूर है। उन्होंने कहा कि परिजनों का पुलिस और सरकार की जांच से भरोसा उठना गंभीर चिंता का विषय है। परिवार की सीबीआई जांच की मांग पर सरकार को ध्यान देना चाहिए। शिवलाल डोडा बोले-मेरा घटना से कोई संबंध नहीं, दोषियों पर हो कड़ी कार्रवाईइधर, इस मामले को लेकर शिवलाल डोडा ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने अजय की मौत पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए कहा कि एक युवा बेटे का परिवार से बिछुड़ना बेहद दुखद है। पुलिस प्रशासन को मामले की गहनता से जांच कर वास्तविक दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करनी चाहिए।डोडा ने आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक लोग इस मामले को व्यक्तिगत रंजिश का रूप देकर पीड़ित परिवार को उनके खिलाफ उकसाने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका इस घटना से कोई संबंध नहीं है। वह वर्षों से वाल्मीकि समाज के साथ जुड़े रहे हैं और आगे भी समाज के साथ खड़े रहेंगे। 27 सितंबर को लगी थी गोली, सोमवार को हुई मौतगौरतलब है कि 27 सितंबर को संत नगर स्थित वाल्मीकि मंदिर के बाहर अजय कुमार को गोली लगी थी। गंभीर रूप से घायल अजय का लुधियाना में उपचार चल रहा था, जहां सोमवार शाम उसकी मौत हो गई। अजय विवाहित था और उसके दो बच्चे हैं। उसकी मौत के बाद परिवार और समाज में शोक एवं रोष का माहौल है। धरने को सरपंच यूनियन के पूर्व प्रधान सुशील सियाग, भाजपा नेता धनपत सियाग, भाजपा मंडल प्रधान रमेश गांधी और जगजीत सिंह सहित अन्य लोगों ने भी संबोधित किया। फिलहाल पीड़ित परिवार सीबीआई जांच की मांग पर अड़ा हुआ है।
दिल्ली एयरपोर्ट पर पंजाब सीएम को तीन घंटे रोका, 50000 का चालान किया, आप ने केंद्र सरकार को घेरा
चंडीगढ़। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के पेरिस दौरे से लौटने के बाद दिल्ली एयरपोर्ट पर कथित तौर पर करीब तीन घंटे रोके जाने और 50 हजार रुपए का चालान किए जाने को लेकर आम आदमी पार्टी और केंद्र सरकार के बीच राजनीतिक टकराव तेज हो गया है। आप ने आरोप लगाया है कि मुख्यमंत्री […] The post दिल्ली एयरपोर्ट पर पंजाब सीएम को तीन घंटे रोका, 50000 का चालान किया, आप ने केंद्र सरकार को घेरा appeared first on Sabguru News .
झोटा हत्याकांड की CBI जांच, AAP और BJP में तनाव, देखें पंजाब आजतक
पंजाब में नशे के खिलाफ जारी अभियान और परविंदर झोटा हत्याकांड की सीबीआई जांच को लेकर बीजेपी और आम आदमी पार्टी में सियासी घमासान मच गया है. गृह मंत्री अमित शाह के पंजाब दौरे के दौरान पीड़ित परिवारों से मुलाकात के बाद राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है. सीएम भगवंत मान ने केंद्र पर सवाल खड़े किए तो वहीं बीजेपी ने राज्य सरकार की नाकामियों को उजागर किया. इसके अलावा पंजाब की अन्य प्रमुख खबरों के लिए देखें पंजाब आजतक.
दिल्ली से पंजाब तक वाहन चोरों का नेटवर्क; एनसीआर से गाड़ी चुराकर पंजाब में बेचता था गैंग, दो गिरफ्तार
ड्रग्स के खिलाफ जंग में पंजाब ने अपने अनमोल बेटों को गंवाया
भारत के सीमावर्ती राज्य पंजाब में इन दिनों नशे के काले कारोबार और उसके खिलाफ उठने वाली आवाजों को लेकर माहौल बेहद संवेदनशील बना हुआ है। नशा विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की दर्दनाक हत्या और राज्य में बढ़ते ड्रग्स के साम्राज्य ने एक बार फिर से देश की सुरक्षा और कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इसी बीच केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पंजाब के मानसा जिले का दौरा किया और पीड़ित परिवार से मिलकर उन्हें सांत्वना दी। केंद्रीय गृह मंत्री ने इस दौरान पंजाब की जमीनी हकीकत का जिक्र करते हुए बेहद कड़े शब्दों में कहा कि ड्रग्स के खिलाफ इस लंबी और दर्दनाक लड़ाई में पंजाब ने अपने कई होनहार बेटों को खो दिया है, जिसे अब और अधिक सहन नहीं किया जा सकता है। गृह मंत्री ने राज्य सरकार और मुख्यमंत्री भगवंत मान को इस गंभीर खतरे से निपटने के लिए कड़े प्रशासनिक और कानूनी निर्देश दिए हैं, जिससे पंजाब के राजनीतिक गलियारों में खलबली मच गई है।Amit Shah Visit to Mansa: पीड़ित परिवार से मिले गृह मंत्री, हर संभव न्याय का दिलाया पूरा भरोसाकेंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह जब मानसा पहुंचे, तो उन्होंने सबसे पहले शहीद कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा के घर जाकर उनके शोकसंतप्त परिजनों से मुलाकात की और ढांढस बंधाया। परिवार के सदस्यों ने रोते हुए गृह मंत्री को अपनी आपबीती सुनाई और बताया कि कैसे उनके बेटे ने समाज को नशामुक्त बनाने के लिए अपनी जान की बाजी लगा दी, लेकिन सिस्टम की लापरवाही के कारण आज उन्हें यह दिन देखना पड़ रहा है। गृह मंत्री ने परिवार को आश्वस्त किया कि केंद्र सरकार और देश की न्याय प्रणाली इस दुख की घड़ी में उनके साथ चट्टान की तरह खड़ी है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इस हत्याकांड के पीछे जो भी लोग या बड़े चेहरे शामिल हैं, उन्हें किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा और कानून अपना सख्त काम करेगा। परिवार से मिलने के बाद गृह मंत्री के तेवर पूरी तरह सख्त नजर आए और उन्होंने राज्य की कानून व्यवस्था की समीक्षा की।Central Intervention and CBI Inquiry: केंद्रीय जांच एजेंसी को सौंपी गई कमान, भगवंत मान सरकार को सख्त संदेशपरविंदर सिंह झोटा हत्याकांड के तूल पकड़ने और लगातार बढ़ते जनआक्रोश के बाद केंद्र सरकार ने इस मामले की गंभीरता को देखते हुए सीबीआई (CBI) जांच के आदेश पहले ही दे दिए थे। गृह मंत्री अमित शाह के दौरे के बाद केंद्रीय एजेंसी ने मानसा पहुंचकर अपनी औपचारिक एफआईआर दर्ज कर ली है और अपनी जांच को तेजी से आगे बढ़ाना शुरू कर दिया है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि केंद्र सरकार द्वारा इस तरह सीधे तौर पर दखल देना और केंद्रीय जांच एजेंसी को मैदान में उतारना इस बात का संकेत है कि पंजाब में ड्रग माफियाओं और अपराधियों के गठजोड़ को अब और बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। गृह मंत्री ने राज्य के मुख्यमंत्री भगवंत मान और प्रशासनिक अधिकारियों को दो टूक शब्दों में निर्देश दिया है कि पुलिस और खुफिया तंत्र को पूरी तरह से राजनीति से मुक्त रखकर केवल और केवल नशा तस्करों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम करना होगा।Punjab Drug Menace and Youth Crisis: सीमावर्ती राज्य में नशे का जाल और बर्बाद होती युवा पीढ़ी का दर्दपंजाब पिछले कई दशकों से ड्रग्स यानी चिट्टा और हेरोइन जैसी खतरनाक नशीली दवाओं के अवैध कारोबार से बुरी तरह जूझ रहा है। राज्य के युवाओं का एक बड़ा हिस्सा इस दलदल में फंसकर अपनी जिंदगी और भविष्य तबाह कर चुका है। सामाजिक कार्यकर्ताओं और आम जनता का आरोप है कि छोटे-छोटे तस्कर तो कभी-कभार पकड़े जाते हैं, लेकिन इस पूरे नेक्सस को चलाने वाले बड़े राजनीतिक और सिंडिकेट के चेहरे हमेशा पर्दे के पीछे सुरक्षित रहते हैं। परविंदर सिंह झोटा जैसे युवा जब इस अवैध नेटवर्क के खिलाफ आवाज उठाते हैं और पुलिस-प्रशासन को सबूत देते हैं, तो उन पर हमले किए जाते हैं। गृह मंत्री अमित शाह ने इसी दर्द को बयां करते हुए कहा कि पंजाब जैसे महान और वीर भूमि वाले राज्य के नौजवानों को ड्रग्स की इस आग में झुलसने से बचाने के लिए केंद्र और राज्य को मिलकर सामूहिक और निर्णायक युद्ध लड़ना होगा।Future Action Plan against Drug Cartels: ड्रग्स के खात्मे के लिए अब आर-पार की लड़ाई की तैयारीगृह मंत्री के इस दौरे और कड़े बयानों के बाद पंजाब पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों पर भी दबाव काफी बढ़ गया है। राज्यभर में ड्रग्स के खिलाफ चलाए जा रहे अभियानों को और अधिक तीव्र करने के निर्देश दिए गए हैं। सीमावर्ती इलाकों में ड्रोन के जरिए होने वाली हथियारों और ड्रग्स की तस्करी को रोकने के लिए बीएसएफ (BSF) और राज्य पुलिस के बीच आपसी तालमेल को और ज्यादा मजबूत किया जा रहा है। परविंदर सिंह झोटा हत्याकांड की सीबीआई जांच के शुरू होने से अब यह उम्मीद भी बंधने लगी है कि इस पूरे मामले के तार कहां-कहां जुड़े हैं, इसका पर्दाफाश जल्द ही सामने आ जाएगा। पंजाब की जनता अब यही चाहती है कि बयानबाजी से ऊपर उठकर धरातल पर ऐसे ठोस कदम उठाए जाएं ताकि भविष्य में किसी और मां को अपना बेटा न खोना पड़े और नशा तस्करों के मन में कानून का खौफ पूरी तरह कायम हो सके।
नशा-विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या की जांच के लिए केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की एक टीम बुधवार को 'आप' शासित पंजाब के मानसा शहर पहुंची।

