पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष और सांसद अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि दिल्ली से आने वाले भाजपा नेता पंजाब में सिर्फ कांग्रेस को कोसने के एजेंडे के साथ आते हैं। मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की रैली का जिक्र करते हुए भाजपा की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। वड़िंग ने कहा कि भाजपा पंजाब में घावों, धर्म और जाति की राजनीति कर रही है। उन्होंने लाल कृष्ण आडवानी की किताब My Country My Life का हवाला देते हुए कहा कि उसमें लिखा है कि उस समय की सरकार को श्री अकाल तख्त साहिब पर हमला करने के लिए मजबूर किया गया था। उन्होंने कहा कि यह किताब आज भी बाजार में उपलब्ध है और भाजपा नेताओं को इसे पढ़कर इस बारे में स्पष्टीकरण देना चाहिए। किसानों और 1984 के पीड़ितों का मुद्दा उठायावड़िंग ने कहा कि उन्होंने 1984 की घटनाओं को भले ही अपनी आंखों से न देखा हो, लेकिन किसानों के आंदोलन के दौरान जो हालात बने, वह किसी से छिपे नहीं हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि किसान आंदोलन के दौरान 700 से ज्यादा किसान मारे गए या घायल हुए, लेकिन उनके सिर में गोलियां लगने के बावजूद एफआईआर तक दर्ज नहीं होने दी गई। उन्होंने भाजपा पर तंज कसते हुए कहा कि पार्टी 1984 के पीड़ितों को न्याय दिलाने की बात करती है, लेकिन केंद्र में 12 साल से सत्ता में होने के बावजूद अभी तक पीड़ितों को पूरा न्याय और मुआवजा नहीं मिला। नशे और सीमा सुरक्षा पर भी सवालवड़िंग ने पंजाब में बढ़ते नशे के संकट का जिक्र करते हुए कहा कि राज्य सरकार के साथ-साथ भाजपा की भी जिम्मेदारी बनती है। उन्होंने कहा कि पंजाब की सीमाओं से बिना रोक-टोक नशे की तस्करी हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि बार्डर सिक्योरिटी फोर्स के अधीन आने वाली सीमा पर तरनतारण से लेकर फाजिल्का तक ड्रोन के जरिए हथियार और नशीले पदार्थों की तस्करी हो रही है, जिसे रोकने में एजेंसियां विफल रही हैं। ‘पहले आग लगाओ, फिर पानी डालो’वड़िंग ने कहा कि भाजपा की राजनीति का तरीका सब जानते हैं-पहले आग लगाओ और फिर पानी डालने का नाटक करो। उन्होंने कहा कि पंजाब के लोग इस राजनीति को अच्छी तरह समझते हैं और ऐसे हथकंडों से गुमराह नहीं होंगे। सिद्धू मूसेवाला के न्याय का मुद्दावड़िंग ने पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला की हत्या का मुद्दा उठाते हुए कहा कि अभी तक उन्हें न्याय नहीं मिला। उन्होंने कहा कि हत्या का मुख्य आरोपी साबरमती सेंट्रल जेल में बैठा है और आज भी मूसेवाला के पिता को धमकियां देता है।
कुरुक्षेत्र जिले के इस्माइलाबाद में हिसार-चंडीगढ़ नेशनल हाईवे-152 पर एक पेट्रोल पंप से कार में आए बदमाश ने गन प्वाइंट पर 50 हजार रुपए लूट लिए। बदमाश चंडीगढ़ नंबर की स्विफ्ट कार में पेट्रोल भरवाने के बहाने पंप पर आया था। इस वारदात के बाद उसने हाईवे पर शराब के ठेके पर कर्मी से भी 3 हजार रुपए छीने। गुरुनानक पेट्रोलियम पेट्रोल पंप के संचालक सुखविंदर सिंह निवासी तलहेड़ी ने बताया कि उसका NH-152 पर मलिकपुर गांव के पास पेट्रोल पंप है। पंप पर सहनप्रीत सिंह और सुखदेव सिंह नौकरी करते हैं। दोनों रात को पंप पर ड्यूटी कर रहे थे। इसी दौरान 13- 14 मार्च की रात करीब 2 बजे स्विफ्ट कार (CH01CA6966) में एक युवक पेट्रोल डलवाने आया। ड्राइवर ने अचानक गन तानी पंप कर्मी सहनप्रीत सिंह तेल डालने गया तो ड्राइवर ने अचानक गन निकालकर उस पर तान दी। ड्राइवर ने चुपचाप सारे पैसे हवाले करने और पैसे नहीं देने पर गोली मारने की धमकी दी। आरोपी ड्राइवर सहनप्रीत सिंह को ऑफिस के अंदर ले गया और दरवाजा बंद कर दिया। उसने दोनों को गन से डरा-धमकाकर कैश मांग लिया। 50 हजार रुपए लेकर भाग गया डर के मारे सुखविंदर सिंह ने करीब 50 हजार रुपए निकालकर आरोपी के हवाले कर दिए। फिर आरोपी कार में बैठकर मौके से फरार हो गया। उसके जाते ही दोनों कर्मियों ने डायल-112 और पुलिस को सूचना दी। सूचना पाकर पुलिस की कई टीमें घटनास्थल पर पहुंची और जांच-पड़ताल शुरू कर दी। ठेके को भी बनाया निशाना इस वारदात के बाद आरोपी हाईवे पर ही शराब के ठेके पर पहुंच गया। यहां भी उसने गन प्वाइंट पर ठेके पर ड्यूटी कर रहे कर्मी से 3 हजार रुपए छीन लिए और कार में बैठकर भाग गया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने जिला अंबाला में भी एक लूटपाट की एक घटना को अंजाम दिया। अंबाला पुलिस भी उसकी तलाश कर रही है। चोरी की कार का इस्तेमाल किया- मोहन लाल पुलिस ने शिकायत पर थाना इस्माइलाबाद में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। मामले की जांच कर रही CIA-2 के इंचार्ज मोहन लाल ने बताया कि पुलिस सीसीटीवी फुटेज से आरोपी तक पहुंचने की कोशिश कर रही है। आरोपी ने वारदात के लिए चोरी की कार का इस्तेमाल किया। आरोपी ने जिरकपुर (पंजाब) से चंडीगढ़ नंबर की कार को चुराया था।
शनिवार को अलवर के कोर्ट परिसर में आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में मोटर दुर्घटना से जुड़े एक मामले में आपसी समझौता कर पीड़ित परिवार को बड़ी राहत दी गई। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से बीमा कंपनी और पीड़ित पक्ष के बीच समझौता हुआ, जिसके तहत 1 करोड़ 2 लाख 50 हजार रुपए की क्षतिपूर्ति राशि का चेक परिवार को सौंपा गया। लोक अदालत की बेंच की अध्यक्ष ज्योति कुमारी सोनी और मोटर वाहन दुर्घटना दावा अधिकरण की न्यायाधीश अनु चौधरी के प्रयासों से दोनों पक्षों को समझाइश देकर यह समझौता कराया गया। इससे पीड़ित परिवार को जल्दी आर्थिक मदद मिल सकी। दुर्गा ने अपने पति लखन सिंह की मौत के बाद मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण में क्लेम याचिका दायर की थी। लखन सिंह राजस्थान पुलिस में गोविंदगढ़ थाने में सहायक उप निरीक्षक (एएसआई) के पद पर कार्यरत थे। सचिव मोहनलाल सोनी ने बताया कि 27 मार्च 2023 को गोविंदगढ़ थाने में तैनात ASI लखन सिंह पुलिस टीम के साथ एक मामले की जांच के लिए बठिंडा (पंजाब) गए थे। अगले दिन सुबह करीब 4:30 बजे भटिंडा के पास रमन पैलेस के नजदीक बोलेरो गाड़ी के चालक ने लापरवाही से गाड़ी चलाते हुए पेड़ से टक्कर मार दी।हादसे में लखन सिंह को गंभीर चोटें आईं और उनकी मौत हो गई थी। परिवार की ओर से बीमा कंपनी से 2 करोड़ 42 लाख 60 हजार रुपये का दावा किया गया था, लेकिन राष्ट्रीय लोक अदालत में आपसी सहमति से 1 करोड़ 2 लाख 50 हजार रुपये की राशि पर समझौता हो गया। सोनी ने बताया कि राष्ट्रीय लोक अदालत में लोन, बैंकिंग, बीमा और मोटर दुर्घटना से जुड़े कई मामलों का आपसी सहमति से निस्तारण किया गया।
चंडीगढ़ स्थित पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के आवास का घेराव करने जा रही पंजाब की आशा वर्कर्स और चंडीगढ़ पुलिस के बीच शुक्रवार को पंजाब-चंडीगढ़ बॉर्डर पर झड़प हो गई। पुलिस ने आशा वर्कर्स को आगे बढ़ने से रोकने के लिए बैरिकेडिंग कर दी। जब प्रदर्शनकारी नारेबाजी करते हुए आगे बढ़ने लगीं तो स्थिति तनावपूर्ण हो गई और पुलिस को वॉटर कैनन का इस्तेमाल करना पड़ा। सुबह से ही पंजाब के विभिन्न जिलों से आशा वर्कर्स पंजाब-चंडीगढ़ सीमा पर जुटने लगी थीं। दोपहर तक हजारों की संख्या में आशा वर्कर्स मौके पर पहुंच गईं और अपनी मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। नजरअंदाज की जा रही मांगें आशा वर्कर्स का कहना है कि उनकी मांगों को लंबे समय से नजरअंदाज किया जा रहा है। जबकि सीएम स्टेज पर तो बड़े-बड़े वादे करते हैं कि महिलाओं को किसी भी तरह की कमी नहीं आने दी जाएगी, लेकिन उनकी समस्याओं का कोई हल नहीं किया जा रहा है। इसी के विरोध में वे मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने के लिए आगे बढ़ रही थीं। जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होंगी, उनका प्रदर्शन जारी रहेगा। पहले धक्का-मुक्की, फिर वॉटर कैनन जब प्रदर्शनकारी बैरिकेडिंग पार कर आगे बढ़ने लगीं तो पुलिस ने उन्हें रोक दिया। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच धक्का-मुक्की भी हुई और माहौल कुछ देर के लिए तनावपूर्ण हो गया। स्थिति को काबू में रखने के लिए पुलिस ने वॉटर कैनन चलाया और प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोक दिया। प्रदर्शन कर रहीं आशा वर्कर्स ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों को जल्द पूरा नहीं किया गया तो उनका आंदोलन और तेज किया जाएगा।
मानसा में सिद्धू मूसेवाला के पिता बलकौर सिंह ने हाल ही में सिद्धू हत्याकांड में सुप्रीम कोर्ट द्वारा आरोपी पवन बिश्नोई और जगतार सिंह को मिली जमानत पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि यह कोर्ट का फैसला है और वे इस पर कोई टिप्पणी नहीं करेंगे। बलकौर सिंह ने यह बात गांव मूसा में समाजसेवी संस्था मिडलैंड यूके के सहयोग से 3 जरूरतमंद लोगों के घरों की नींव रखने के अवसर पर कही। उन्होंने सरकार और पुलिस प्रशासन पर हर मोर्चे पर विफल रहने का आरोप लगाया। बलकौर सिंह ने दुख व्यक्त किया कि मूसेवाला हत्याकांड के कुछ आरोपी अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं और बेखौफ घूम रहे हैं। बलकौर सिंह ने कहा कि अब स्थिति ऐसी हो गई है कि अनमोल बिश्नोई के वकील ने कोर्ट में याचिका दायर की है कि पुलिस उनके मुवक्किल को मूसेवाला हत्याकांड में पूछताछ के लिए अपनी हिरासत में ले, क्योंकि वह तिहाड़ जेल में बंद है। बोले- सरकार की चुप्पी से गैंगस्टर बेखौफ उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस प्रशासन और सरकार की चुप्पी के कारण गैंगस्टर इतने बेखौफ हो गए हैं कि वे दिनदहाड़े आम लोगों की हत्या कर रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि आजकल गैंगस्टर लोगों से फिरौती लेकर लड़कियों की शादी करवा रहे हैं, ताकि समाज में अपनी अच्छी छवि बना सकें। मूसेवाला के पिता ने पंजाब विधानसभा सत्र को ड्रामा करार दिया। उन्होंने कहा कि सत्र में पंजाब के मुद्दों पर बात करने के बजाय, नेता एक-दूसरे पर बेतुकी बयानबाजी और हंगामा कर रहे हैं, जो पंजाब के प्रति सरकार की सोच को दर्शाता है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि ऐसे ही ड्रामा जारी रहेगा, तो लोग 2027 के चुनावों में उन्हें सबक सिखाएंगे।
पंजाब सरकार की आज 13 मार्च से प्रोग्रेसिव पंजाब इन्वेस्टर्स समिट मोहाली में शुरू होने जा रही है। तीन दिनों तक चलने वाली समिट में केवल पंजाब ही नहीं, बल्कि विभिन्न देशों से कारोबारी यहां पहुंच रहे हैं। सरकार ने समिट को कामयाब बनाने के लिए पूरी ताकत झोंक दी है। इसके पीछे सरकार की कोशिश निवेश को बढ़ावा देकर युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा करना है। इसी के मद्देनजर सात मार्च को ही सरकार ने अपनी नई औद्योगिक नीति बनाई है, जिसमें उद्योगों के लिए कई योजनाएं बनाई गई हैं। कई देशों में कंट्री फोकस्ड सेशन समिट मोहाली की आईटी सिटी स्थित पलाक्षा यूनिवर्सिटी में होगी। इसका शुभारंभ पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान करेंगे, जबकि अरविंद केजरीवाल कार्यक्रम में मौजूद रहेंगे। इस दौरान एक बड़ी प्रदर्शनी भी लगाई जाएगी। समिट में कुल 89 सत्र आयोजित किए जा रहे हैं। इसमें यूनाइटेड किंगडम, जापान और दक्षिण कोरिया जैसे देशों के लिए विशेष कंट्री-फोकस्ड' सेशन रखे गए हैं। मोहाली पर एक विशेष सेशन रखा गया है, क्योंकि मोहाली को पंजाब सरकार ने विशेष क्षेत्र के रूप में विकसित किया है। इसे सूचना प्रौद्योगिकी उद्योग का केंद्र बनाया जा रहा है। यहां हवाई अड्डे जैसी कई सुविधाएं मौजूद हैं। इन कारोबारियों के पहुंचने की उम्मीद समिट में कई नामी कारोबारी पहुंचने की उम्मीद है। इनमें इनमें लक्ष्मी निवास मित्तल (आर्सेलर मित्तल), सज्जन जिंदल (जेएसडब्ल्यू ग्रुप), और सुनील कांत मुंजाल (हीरो एंटरप्राइजेज) जैसे दिग्गज शामिल है। इसके कई देशों के कारोबारी पहुंचे है। हालांकि मिडिल ईस्ट में लड़ाई के चलते कई देशों के प्रतिनिधी अभी तक नहीं पहुंचे है। इसके अलावा कई देशों के कारोबारी भी पहुंचे हैं। हालांकि मध्य पूर्व में चल रही लड़ाई के चलते कई देशों के प्रतिनिधि अभी तक नहीं पहुंचे हैं। अब तक यहां तक पहुंचा निवेश समिट में कुल 30 बड़े प्रोजेक्ट प्रदर्शित किए जा रहे हैं, जिनकी कुल निवेश राशि लगभग ₹27,294 करोड़ है और इनसे करीब 47,067 रोजगार के अवसर पैदा होने की संभावना है। प्रमुख प्रोजेक्ट्स में टाटा स्टील का लुधियाना में संचालन शुरू होना और इंफोसि द्वारा मोहाली में ₹286 करोड़ के विस्तार प्रोजेक्ट की आधारशिला रखना शामिल है। इसके अलावा कई अन्य क्षेत्रों में भी निवेश प्रस्ताव सामने आए हैं। पंजाब पहले ही पिछले प्रयासों के जरिए ₹1.37 लाख करोड़ से अधिक निवेश आकर्षित कर चुका है, जिससे राज्य में 5 लाख से ज्यादा नौकरियां पैदा हुई हैं।
टिकाऊ खेती, जल संरक्षण से ही सुधरेगी पंजाब की अर्थव्यवस्था : प्रो. प्रीतम सिंह
भास्कर न्यूज | अमृतसर खालसा कॉलेज के अर्थशास्त्र और कृषि विभाग की ओर से ‘पंजाब की अर्थव्यवस्था का पर्यावरणीय पुनर्स्थापन’ विषय पर व्याख्यान आयोजित किया गया। कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. आत्म सिंह रंधावा के निर्देशों पर आयोजित इस कार्यक्रम में ऑक्सफोर्ड ब्रूक्स यूनिवर्सिटी, यूके के प्रसिद्ध शिक्षाविद् और अर्थशास्त्री प्रो. प्रीतम सिंह ने मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित किया। इससे पहले प्रिंसिपल डॉ. रंधावा ने कृषि विभाग के प्रमुख डॉ. गुरबख्श सिंह के साथ मिलकर प्रो. प्रीतम सिंह का फूलों का गुलदस्ता भेंट कर स्वागत किया। इसके बाद डॉ. गुरबख्श सिंह ने उपस्थित प्रतिभागियों को मुख्य वक्ता का परिचय करवाया और व्याख्यान के मुख्य विषय पर प्रकाश डाला। प्रो. प्रीतम सिंह ने पंजाब की अर्थव्यवस्था के ऐतिहासिक विकास पर विस्तार से चर्चा करते हुए हरित क्रांति के बाद कृषि क्षेत्र में आए बदलावों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि अत्यधिक व्यावसायीकरण, एकल फसल प्रणाली, रासायनिक खादों और कीटनाशकों के अधिक प्रयोग के कारण पर्यावरणीय असंतुलन पैदा हुआ है। उन्होंने कहा कि पंजाब की अर्थव्यवस्था का पर्यावरणीय पुनर्गठन केवल पर्यावरण की रक्षा के लिए ही नहीं, बल्कि दीर्घकालिक आर्थिक स्थिरता, ग्रामीण आजीविका और आने वाली पीढ़ियों के हितों के लिए भी अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने फसल विविधीकरण, टिकाऊ कृषि पद्धतियों को अपनाने, जल संरक्षण प्रणालियों को मजबूत करने और ऐसी नीतियां बनाने पर जोर दिया जो आर्थिक विकास को पर्यावरण संरक्षण के साथ जोड़ सकें। इस मौके पर प्रिंसिपल डॉ. रंधावा ने अपने विचार साझा करते हुए कहा कि प्रो. प्रीतम सिंह द्वारा विद्यार्थियों को कृषि से संबंधित दी गई जानकारी भविष्य में उनके लिए लाभदायक सिद्ध होगी। व्याख्यान के अंत में एक इंटरैक्टिव सत्र भी आयोजित किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने नीतियों के क्रियान्वयन और टिकाऊ विकास में कॉलेजों की भूमिका से संबंधित प्रश्न पूछे, जिनका प्रो. प्रीतम सिंह ने विस्तार से उत्तर दिया ।
PUNJAB WEEKLY LOTTERY में बड़ा धमाका; D-81465 पर बरसे लाखों
पंजाब स्टेट ‘डियर 50 बस्टर बुधवार’ लॉटरी रिजल्ट 11 मार्च 2026 घोषित। टिकट D-81465 ने ₹15 लाख का पहला इनाम जीता, हजारों टिकटों पर अन्य पुरस्कार।
तरन-तारन में आम आदमी पार्टी (AAP) से जुड़े मौजूदा सरपंच परमजीत सिंह की हेरोइन तस्करी के आरोप में गिरफ्तारी के बाद पंजाब की सियासत गरमा गई है। विपक्षी दलों ने AAP को निशाने पर लिया है, वहीं पूर्व विधायक डॉ. नवजोत कौर सिद्धू ने भी पार्टी पर तीखा हमला बोला है। सोशल मीडिया पर पोस्ट डाल कहा कि नशे के खिलाफ पहल तो ठीक है, लेकिन 90 फीसदी दोषी आम आदमी पार्टी में ही हैं। उन्होंने कहा कि AAP पंजाब टीम को स्कैन करें तो कई दोषी पकड़े जाएंगे। केंद्रीय नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) की टीम ने खेमकरण के कलसियां कलां गांव के सरपंच परमजीत सिंह को हेरोइन तस्करी के मामले में गिरफ्तार किया है। बुधवार को एनसीबी ने आरोपी सरपंच को अजनाला कोर्ट में पेश कर दो दिन का रिमांड हासिल किया। नशे के विरुद्ध अभियान के तहत बनी कमेटी का प्रधान था सरपंच एनसीबी ने 10 मार्च तड़कसार 3 बजे आरोपी सरपंच परमजीत सिंह के घर में रेड की थी। 3 घंटे की जांच के बाद परमजीत को हिरासत में लेकर एनसीबी अपने साथ ले गई।पूछताछ के बाद रात को उसकी गिरफ्तारी डाली गई और 11 मार्च को कोर्ट में पेश कर रिमांड हासिल किया। जानकारी के अनुसार, सरपंच परमजीत सिंह से पूछताछ में हेरोइन तस्करी के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ है। आरोप है कि सरपंच परमजीत सिंह स्वयं एक हेरोइन तस्करी गिरोह चला रहा था। एनसीबी ने घर पर छापा मारकर 18 किलोग्राम की हेरोइन बरामद किया है। इसकी कीमत करीब 90 करोड़ रुपए है। गौरतलब है कि सरपंच आम आदमी पार्टी में जुड़े होने के साथ ही नशा विरुद्ध अभियान के तहत बनाई गई विलेज डिफेंस कमेटी का प्रधान भी। सरपंच विलेज डिफेंस कमेटी का प्रधान भी है। खेमकरण में रात के समय हेरोइन तस्करी में डिफेंस कमेटी का गलत इस्तेमाल भी कर रहा था। बता दें कि परमजीत पहले कांग्रेस पार्टी में था। उसके पास इतनी भारी मात्रा में नशा पकड़े जाने से राजनीति हलकों में चर्चा है। इसके साथ ही उसके नशे के बड़े नेटवर्क का खुलासा होने का भी दावा किया जा रहा है। जानिए, सीएम मान को क्या दी नवजोत कौर ने सलाह डॉ. नवजोत कौर सिद्धू ने सोशल मीडिया पोस्ट में मुख्यमंत्री भगवंत मान पर कटाक्ष करते हुए लिखा, आपकी 'नशा मुक्त पंजाब' पहल बहुत महान है, जबकि आपके अपने सरपंच और विधायक इस ड्रग व्यापार में शामिल हैं। मुझे यह मत बताइए कि आपकी इंटेलिजेंस इतनी कमजोर है कि आप असली दोषियों की पहचान नहीं कर सकते। मैं आपको एक शानदार विचार दे सकती हूँ, बस अपनी 'AAP पंजाब' टीम को स्कैन कर लीजिए।
खेती योग्य जमीन बचाने के लिए ठोस नीति जरूरी, पंजाब सरकार से सक्रिय कदम उठाने की अपील
लुधियाना| लुधियाना बुक क्लब की ओर से पंजाब–खेती योग्य जमीन का खिसकना विषय पर गंभीर चर्चा की गई, जिसमें वैज्ञानिकों, अर्थशास्त्रियों, बैंकरों और वरिष्ठ नागरिकों के एक समूह ने हिस्सा लिया। इसी विषय पर हाल ही में प्रकाशित एक शोध आधारित पंजाबी पुस्तक के संदर्भ में की गई। बैठक की अध्यक्षता बांदा यूनिवर्सिटी ऑफ एग्रीकल्चर के संस्थापक कुलपति और अयोध्या स्थित एनडी यूनिवर्सिटी के पूर्व कुलपति प्रो. डॉ. एमएस औलख ने की। डॉ. औलख ने बताया कि ब्रिटिश शासन के समय से ही पंजाब की पांच नदियों की धरती पर लोगों ने कड़ी मेहनत कर बंजर जमीन को भी खेती योग्य बनाया। हालांकि विभाजन के समय पंजाब की सबसे उपजाऊ और नहरों से सिंचित जमीन पाकिस्तान के हिस्से में चली गई। उन्होंने बताया कि 1947 के बाद जमीन के पुनर्गठन का उल्लेखनीय कार्य डॉ. एमएस रंधावा और पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री प्रताप सिंह कैरों ने किया, जिसके बाद किसानों की मेहनत से हरित क्रांति आई और पंजाब देश का अन्न भंडार बन गया। उन्होंने कहा कि देश के कुल भौगोलिक क्षेत्र का केवल 1.53 प्रतिशत हिस्सा होने के बावजूद पंजाब केंद्रीय भंडार में लगभग 47 प्रतिशत गेहूं और करीब 35 प्रतिशत चावल उपलब्ध कराता रहा है। लेकिन अब यही उपजाऊ खेती योग्य जमीन बिल्डरों, कॉलोनाइजरों और अनियोजित शहरीकरण के कारण तेजी से कृषि क्षेत्र से बाहर जा रही है। अर्थशास्त्री डॉ. पूरन सिंह ने कहा कि चीन के कृषि मॉडल से सीखने की जरूरत है, जहां तेज शहरीकरण के बावजूद कानून के जरिए खेती योग्य जमीन की मात्रा और गुणवत्ता को सुरक्षित रखा जाता है। वहीं प्रिंसिपल डॉ. गुरचरण सिंह ने कहा कि किसान जल्दी नकदी पाने के लिए जमीन बेच रहे हैं, लेकिन बाद में यह जमीन गैर उत्पादक हो जाती है और इससे सामाजिक समस्याएं, खासकर नशे जैसी प्रवृत्तियां भी बढ़ती हैं। पूर्व बैंकर बृज भूषण गोयल ने सुझाव दिया कि सरकार को कृषि भूमि के रजिस्ट्रेशन के लिए कलेक्टर रेट को बाजार दर के बराबर करना चाहिए, ताकि उपजाऊ जमीन की बिक्री को हतोत्साहित किया जा सके।
शिमला पुलिस ने ड्रग पैडलिंग के खिलाफ चलाए विशेष अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने खतरनाक ड्रग एलएसडी (लिसर्जिक एसिड डायथिलेमाइड) की 562 स्ट्रिप के साथ सिरमौर की एक युवती और पंजाब के एक बड़े ड्रग पैडलर को गिरफ्तार किया है। जब्त की गई एलएसडी की कीमत अंतरराष्ट्रीय बाजार में 1 करोड़ रुपए आंकी गई है। शिमला में यह पहला मामला है, जिसमें इतनी बड़ी मात्रा में एलएसडी जब्त की गई है। शिमला पुलिस के एएसपी अभिषेक ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान बताया कि विश्वसनीय सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने हिम निवास, बीसीएस शिमला में दबिश दी। वहां से संदीप शर्मा (40) निवासी धर्मकोट, जिला मोगा, पंजाब और प्रिया शर्मा (26) निवासी ददाहू, जिला सिरमौर को पकड़ा गया। इनके कब्जे से 562 स्ट्रिप (स्टैम्प साइज) एलएसडी बरामद की गईं, जिनका कुल वजन 11.570 ग्राम पाया गया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी संदीप शर्मा पिछले 10 वर्षों से एलएसडी की तस्करी कर रहा था। पूछताछ के दौरान यह भी पता चला कि उसके खिलाफ पूर्व में भी 33 ग्राम चिट्टे का एक मामला दर्ज है। इस अभियोग में आगे की जांच जारी है। इस साल गिरफ्तार किए जा चुके 136 आरोपी : एसएसपी एसएसपी शिमला गौरव सिंह ने बताया कि इस वर्ष शिमला पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत 73 मुकदमे दर्ज कर 136 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें से 12 व्यक्तियों को पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, बिहार और नेपाल बॉर्डर जैसे बाहरी राज्यों से बैकवर्ड लिंक के आधार पर गिरफ्तार किया गया है। क्या है एलएसडी एलएसडी एक शक्तिशाली मतिभ्रम पैदा करने वाला पदार्थ है, जिसका दुरुपयोग होने की प्रबल संभावना है। वर्तमान में चिकित्सा उपचार में इसका कोई स्वीकृत उपयोग नहीं है। एलएसडी, जिसे 'एसिड' के नाम से भी जाना जाता है, एक साइकेडेलिक ड्रग है जो आसपास के वातावरण के प्रति धारणा और जागरूकता में बदलाव तथा मतिभ्रम जैसे प्रभाव उत्पन्न करता है। इसका उपयोग रेव पार्टी सर्किट में व्यापक रूप से किया जाता है।
फलोदी जिला स्पेशल टीम ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ब्रजराजसिंह चारण के सुपरविजन में नशीली गोलियों के सप्लायर भागीरथराम को गिरफ्तार किया है। आरोपी 14 महीने से फरार था और पंजाब में दर्ज एक मामले में वांछित था। यह कार्रवाई पंजाब के फाजिल्का जिले के सदर जलालाबाद पुलिस थाने में 7 जनवरी 2025 को दर्ज एक प्रकरण से संबंधित है। इस मामले में पंजाब पुलिस ने एक ट्रक से 2,07,800 मादक गोलियां और 1,70,000 रुपए नकद बरामद किए थे। मौके से ट्रक ड्राइवर राजुराम को गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ में राजुराम ने बताया कि मादक गोलियों की यह खेप भागीरथ पुत्र बलवंताराम, निवासी मांझुओं की ढाणी, मटोल चक ढढु, जिला फलोदी द्वारा भेजी गई थी। इसके बाद भागीरथराम को एफआईआर में नामजद आरोपी बनाया गया था। एजीटीएफ और एएनटीएफ जयपुर ने 10 मार्च 2026 को भागीरथराम की गिरफ्तारी के लिए निर्देश जारी किए थे। इन निर्देशों का पालन करते हुए, फलोदी की जिला स्पेशल टीम ने वांछित आरोपी भागीरथराम को हिरासत में लिया। उसे आगे की जांच के लिए पंजाब पुलिस को सौंप दिया गया है।
पंजाब में 1158 असिस्टेंट प्रोफेसर और लाइब्रेरियन की भर्ती को लेकर विवाद एक बार फिर गरमा गया है। लुधियाना के जगराओं में बुधवार को 1158 असिस्टेंट प्रोफेसर और लाइब्रेरियन फ्रंट पंजाब के नेतृत्व में असिस्टेंट प्रोफेसरों और लाइब्रेरियन्स ने रोष मार्च निकाला। प्रदर्शनकारियों ने बस स्टैंड चौक पर पंजाब सरकार और शिक्षा मंत्री के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पुतला फूंका। प्रदर्शनकारी परमजीत सिंह और करमजीत सिंह ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट द्वारा 14 जुलाई 2025 को भर्ती रद्द करने के फैसले से उन्हें गहरी चिंता है। उन्होंने कहा कि यह निर्णय न केवल भर्ती हुए उम्मीदवारों और उनके परिवारों के लिए, बल्कि पंजाब की उच्च शिक्षा व्यवस्था और विद्यार्थियों के भविष्य के लिए भी हानिकारक हो सकता है। फ्रंट के प्रतिनिधियों ने इस बात पर जोर दिया कि सरकारी कॉलेजों में शिक्षकों की भारी कमी है। ऐसे में पहले से कार्यरत असिस्टेंट प्रोफेसरों और लाइब्रेरियनों की सेवाएं समाप्त करना उचित नहीं है। उन्होंने पंजाब सरकार से मांग की कि 1158 भर्ती के तहत नियुक्त सभी असिस्टेंट प्रोफेसरों और लाइब्रेरियनों की नौकरी को स्थायी किया जाए। हायर एजुकेशन डिपार्टमेंट द्वारा जारी लेटर रद्द करने की मांग इसके अतिरिक्त, फ्रंट ने हायर एजुकेशन विभाग द्वारा 4 नवंबर 2025 को जारी किए गए पत्र को तत्काल रद्द करने की मांग की। उन्होंने इन कर्मचारियों की नियमित छुट्टियां बहाल करने और दूरस्थ स्टेशनों पर कार्यरत असिस्टेंट प्रोफेसरों व लाइब्रेरियनों के लिए नजदीकी स्टेशनों पर तबादले हेतु ट्रांसफर पोर्टल खोलने की भी अपील की। फ्रंट के नेताओं ने पंजाब के मुख्यमंत्री से सार्वजनिक बयान जारी कर यह आश्वासन देने की मांग की कि भर्ती किए गए 1158 प्रोफेसरों और लाइब्रेरियनों की नौकरी सुरक्षित रहेगी। साथ ही, उन्होंने कॉलेजों में प्रिंसिपल और प्रशासन द्वारा इन कर्मचारियों के साथ हो रहे भेदभाव को तुरंत बंद करने की भी अपील की। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि सरकार जल्द उनकी मांगों पर सकारात्मक फैसला नहीं लेती है, तो वे अपने संघर्ष को और तेज करने के लिए मजबूर होंगे।
राष्ट्रीय कानूनी सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली, पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय तथा पंजाब राज्य कानूनी सेवाएं प्राधिकरण, मोहाली के दिशा-निर्देशों के तहत 14 मार्च को मोगा, निहाल सिंह वाला और बाघापुराना में नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। इन अदालतों में दीवानी मामले, घरेलू विवाद, मोटर वाहन दुर्घटना मुआवज़े के मामले, ज़मीन संबंधी विवाद, बिजली चोरी के मामले, चेक बाउंस के मामले, ट्रैफिक चालान, रिकवरी सूट और श्रम संबंधी मामले रखे जा सकेंगे। लोक अदालत से दो पक्षों की दुश्मनी होती खत्म जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-चेयरमैन जिला कानूनी सेवाएं प्राधिकरण मोगा, मिस नीलम अरोड़ा ने जानकारी देते हुए बताया कि इन लोक अदालतों से आम लोगों को त्वरित राहत मिलती है, साथ ही उनके समय और धन की भी बचत होती है। उन्होंने कहा कि लोक अदालत के माध्यम से दोनों पक्षों के बीच आपसी दुश्मनी समाप्त होती है और भाईचारा बढ़ता है। कोर्ट की फीस वापस मिल जाती है लोक अदालत में फैसला होने के बाद मामले में लगी पूरी कोर्ट फीस भी वापस मिल जाती है। इसके फैसले को दीवानी अदालत की डिग्री के समान मान्यता प्राप्त होती है और इसके खिलाफ कोई अपील नहीं की जा सकती। मिस अरोड़ा ने आम लोगों से अपील की है कि वे अपने मामलों का निपटारा लोक अदालत में करवाकर अधिक से अधिक लाभ उठाएं। कानूनी सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किसी भी प्रकार की कानूनी सहायता या सलाह के लिए हेल्पलाइन नंबर 15100 डायल किया जा सकता है। इसके अतिरिक्त, कार्यालय के फोन नंबर 01636-235864 अथवा ई-मेल आईडी dlsa.moga@punjab.gov.in पर भी संपर्क किया जा सकता है।
सफाई सेवक यूनियन पंजाब के आह्वान पर मुल्लांपुर नगर कौंसिल के कच्चे कर्मचारियों ने पंजाब सरकार के खिलाफ दो दिवसीय 'अर्थी फूंक' रोष प्रदर्शन शुरू किया। यह प्रदर्शन 11 मार्च को शुरू हुआ, जिसमें कर्मचारियों ने सरकार की नीतियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने की मांग प्रदर्शनकारी कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि पंजाब सरकार उनकी जायज मांगों को लगातार नजरअंदाज कर रही है। उनकी मुख्य मांग लंबे समय से कॉन्ट्रैक्ट और कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने की है, लेकिन सरकार इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठा रही है। 10 साल की पॉलिसी की प्रतियां जलाई जाएंगी यूनियन नेताओं ने बताया कि इसी विरोध स्वरूप 11 और 12 मार्च को दो दिनों तक 'अर्थी फूंक' रोष प्रदर्शन जारी रहेगा। इस दौरान पंजाब सरकार द्वारा कॉन्ट्रैक्ट बेस कर्मचारियों को पक्का करने के लिए बनाई गई 10 साल की पॉलिसी की प्रतियां भी जलाकर विरोध दर्ज कराया जाएगा। मांगों को पूरा न करने पर संघर्ष तेज करने की चेतावनी प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने उनकी मांगों को जल्द पूरा नहीं किया तो वे अपने संघर्ष को और तेज करेंगे। इस मौके पर राहुल, अशोक कुमार, गुरप्रीत, मुकेश कुमार, सुरेश, विक्की, पंजाब सिंह और सुबह सिंह सहित कई अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।
चंडीगढ़ में एसएसपी (लॉ एंड ऑर्डर) कंवरदीप कौर का 3 साल का कार्यकाल 8 मार्च 2026 को पूरा हो चुका है और वह इसी बीच छुट्टी पर चली गई हैं, जिसके बाद एसएसपी का टंपरेरी चार्ज एसएसपी ट्रैफिक सुमेर प्रताप को सौंपा गया है। एसएसपी कंवरदीप कौर ने एक साल के लिए एक्सटेंशन लेने के लिए लिखकर भेजा हुआ है, लेकिन अभी तक उसकी मंजूरी नहीं मिली है। हालांकि सूत्रों से पता चला है कि एसएसपी के एक साल के एक्सटेंशन के लिए पंजाब सरकार ने एनओसी दे दी है और चंडीगढ़ प्रशासक ने भी मंजूरी दे दी है। एमएचए की ओर से भी एसएसपी की फाइल को मंजूरी मिल चुकी है और अब फाइल प्रधानमंत्री की टेबल पर पड़ी है। अब देखना है कि वहां से मंजूरी कब मिलती है। यूटी कैडर के एसएसपी की मांग यह पहली बार नहीं है जब यूटी कैडर के एसएसपी की मांग सामने आई हो। पिछले गवर्नर के कार्यकाल के दौरान भी गुड गवर्नेंस और अधिकारियों के बीच खींचतान को खत्म करने के लिए गृह मंत्रालय को चिट्ठी भेजी गई थी। उस समय भी साफ तौर पर कहा गया था कि चंडीगढ़ में एसएसपी के पद पर यूटी कैडर का ही अधिकारी लगाया जाना चाहिए। डिस्टर्ब एरिया का टैग हटा चंडीगढ़ से डिस्टर्ब एरिया का कलंक हटे कई साल हो चुके हैं। तभी से एसएसपी के पद पर पंजाब कैडर के आईपीएस अधिकारियों की तैनाती होती आ रही है। जबकि हकीकत यह है कि यह पद न तो 60-40 के किसी फॉर्मूले का है और न ही इस पर किसी राज्य का अधिकार है। आतंकवाद के दौर में चंडीगढ़ को डिस्टर्ब एरिया घोषित किया गया था। उस समय खालिस्तानी आतंकवाद से निपटने के लिए पहली बार पंजाब कैडर के आईपीएस सुमेध सिंह सैनी को यहां तैनात किया गया था। उससे पहले चंडीगढ़ में एसएसपी की जिम्मेदारी यूटी कैडर के आईपीएस अधिकारी ही संभालते थे। सैनी के तबादले के बाद से लगातार पंजाब कैडर के अधिकारी ही एसएसपी बनाए जाते रहे।
भास्कर न्यूज | जालंधर मंगलवार को इंडिया पुलिस स्पोर्ट्स कंट्रोल बोर्ड की तरफ से आयोजित 74वीं ऑल इंडिया पुलिस एथलेटिक्स क्लस्टर के तीसरे दिन भी खिलाड़ियों ने बेहतर प्रदर्शन किया। स्पोर्ट्स कॉलेज में थ्रो सहित दौड़ के मुकाबले खेले गए जबकि सुबह साइक्लिंग के इवेंट्स जमशेर रोड पर हुए मंगलवार को 4x100 मीटर रिले में पंजाब पुलिस ने गोल्ड जीतकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। इसके अलावा 4x400 मीटर मिक्स रिले में भी पंजाब ने सिल्वर मेडल अपने नाम किया है। जबकि एथलेटिक्स के बाकी इवेंट्स में पंजाब पुलिस लगातार पिछड़ती जा रही है। पंजाब पुलिस में साल 2016 के बाद से स्पोर्ट्स कोटा भर्ती न होने से पुराने खिलाड़ी ही अपने दम पर पुलिस के लिए मैदान में खेल रहे है। हालांकि इसमें कोचिंग स्टाफ में विकास का अहम योगदान है जो पुलिस के उन जवानों को भी ट्रेनिंग दे रहे है जो 32 से 35 साल की उम्र के बीच हो चुके है और उनका मुकाबले दूसरे राज्यों की उन फोर्स के खिलाड़ियों से है जिनकी उम्र 23-24 साल के बीच है। इन यंग खिलाड़ियों का मुकाबला पंजाब पुलिस के 33 से 35 साल की उम्र वाले खिलाड़ियों से हो रहा है। पंजाब पुलिस में 3 फीसदी स्पोर्ट्स कोटा भर्ती का मुद्दा कई बार उठाया गया है। हर साल भर्ती हो रही है लेकिन खेल कोटे के तहत स्पोर्ट्समैन जो पंजाब का भविष्य है उन्हें भर्ती नहीं किया जा रहा है। साल 2016 के बाद से अब तक खेल कोटा भर्ती नहीं हुई। जिस कारण पुलिस में शामिल होने का सपना संजोने वाले खिलाड़ी भी अब अपनी उस उम्र को पार कर चुके है जिसके तहत वह भर्ती हो सकते थे। {4x100 मीटर मिक्स रिले गोल्ड .पंजाब पुलिस सिल्वर .तमिलनाडु कांस्य .उत्तर प्रदेश {4x400 मीटर मिक्स रिले गोल्ड .उत्तर प्रदेश ने 3:23.58 सिल्वर . पंजाब ने 3:24.31 कांस्य .ओडिसा 3:24.60 { मेन्स जेवलीन थ्रो गोल्ड .सीआईएसएफ के हरीश 75.22 मीटर सिल्वर .राजस्थान के सुनील 73.28 मीटर कांस्य .महाराष्ट्र के अनिल रोहिदास 73.11 मीटर { 3000 मीटर स्टीपल चेज मेन्स गोल्ड .उत्तर प्रदेश के रितिक 8:56.02 सिल्वर .एसएसबी के धर्मेंद्र 8:58.61 कांस्य .सीआरपीएफ के विकास कुमार 8:59.65 {3000 मीटर स्टीपल चेस गोल्ड .तमिलनाडु की अनुप्रिया 10:44.75 सिल्वर .ओडीशा की सुष्मिता ने 10:44.78 कांस्य .एसएसबी की खुशबू गुप्ता ने 10:46.08 {विमेन साइक्लिंग 84 किलोमीटर उत्तर प्रदेश की आरती, रुचिका सिंह, बुलबुल ने पहले तीनों स्थान पर कब्जा किया {मेन्स साइक्लिंग 120 किलोमीटर गोल्ड .कर्नाटक के संतोख कुरानी सिल्वर .उत्तर प्रदेश के संतोष सिंह कांस्य .एसएसबी के सौरभ कुमार
शिरोमणि अकाली दल ने लुधियाना जिले के खन्ना की अनाज मंडी में पंजाब बचाओ रैली का आयोजन किया। पार्टी अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने रैली को संबोधित किया। बाद में मीडिया से बात करते हुए उन्होंने सीएम मान के उस बयान का जवाब दिया, जिसमें मान ने कहा था कि अकाली दल के पास 11 सदस्यीय कमेटी बनाने के लिए भी लोग नहीं हैं। सुखबीर बादल ने दावा किया कि आने वाले 4 महीनों में सीएम भगवंत मान को 11 लोग भी साथ नहीं मिलेंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि भगवंत मान ने पंजाब को बर्बाद कर दिया है।इस दौरान सुखबीर बादल ने पंजाब के आढ़तियों का भी समर्थन किया। यादविंदर सिंह यादू को विधायक बनाने की अपील उन्होंने कहा कि प्रकाश सिंह बादल के सीएम रहते आढ़तियों की आढ़त 2.5 प्रतिशत तय की गई थी, जिसे अब घटाकर 1.5 प्रतिशत कर दिया गया है। उन्होंने इस फैसले को आढ़तियों के साथ अन्याय बताया और उन्हें ईपीएफ (EPF) के दायरे में लाने के फैसले का भी विरोध किया। बादल ने खन्ना हलके से यादविंदर सिंह यादू को विधायक बनाकर भेजने की अपील की। उन्होंने घोषणा की कि अकाली दल की सरकार बनने पर खन्ना और जगराओं को जिले का दर्जा दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त, उन्होंने पंजाब के हर जिले में मेडिकल और वेटनरी कॉलेज खोलने और बुजुर्गों को 3100 रुपए मासिक पेंशन देने का वादा किया। पंजाब के फैसले केजरीवाल कर रहे सुखबीर बादल ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पंजाब के लिए जो दर्द प्रकाश सिंह बादल के दिल में था, वह राहुल गांधी या दिल्ली के नेताओं में नहीं हो सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब में सीएम केवल नाम के हैं और असली फैसले अरविंद केजरीवाल कर रहे हैं। बादल ने दावा किया कि डीएसपी, एसडीएम और तहसीलदार की नियुक्तियां भी दिल्ली से की जा रही हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि दिल्ली के इशारे पर उद्योग मंत्री संजीव अरोड़ा के माध्यम से हर महीने लगभग 200 करोड़ रुपए इकट्ठे किए जा रहे हैं और जीएसटी विभाग के जरिए व्यापारियों से जबरन वसूली हो रही है।
पंजाब में बजट सत्र के दौरान मंगलवार को विधानसभा में कांग्रेस विधायक सुखपाल सिंह खैरा के एक बयान को लेकर जोरदार हंगामा देखने को मिला। महिलाओं को आर्थिक सहायता देने की प्रस्तावित योजना पर की गई उनकी टिप्पणी के बाद सियासी विवाद खड़ा हो गया है
पंजाब पेंशनर यूनियन एटक ने मंगलवार को मोगा बस स्टैंड पर प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन पंजाब सरकार द्वारा पेश किए गए बजट में कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए किसी प्रकार की राहत न दिए जाने के विरोध में किया गया। इस दौरान यूनियन के सदस्यों ने बजट की प्रतियां जलाकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान पंजाब पेंशनर यूनियन एटक के प्रदेश अध्यक्ष जगदीश चाहल ने सरकार पर कर्मचारियों और पेंशनरों की मांगों को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सरकार का दायित्व जनता की समस्याओं को सुनना और उनका समाधान करना है। जगदीश चाहल ने सरकार पर किसानों, शिक्षकों, कर्मचारियों और पेंशनरों की समस्याओं के प्रति असंवेदनशील होने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों और पेंशनरों को अपने अधिकारों के लिए सड़कों पर उतरना पड़ रहा है। उन्होंने हाल ही में विभिन्न स्थानों पर कर्मचारियों और पेंशनरों पर हुए पुलिस लाठीचार्ज और वॉटर कैनन के इस्तेमाल की निंदा की और कहा कि यह सरकार की मंशा को दर्शाता है। केवल वादों पर चल रही सरकार : चाहल चाहल ने यह भी आरोप लगाया कि सरकार केवल वादों पर चल रही है। उन्होंने बताया कि अब तक न तो नई भर्तियां शुरू की गई हैं और न ही कच्चे कर्मचारियों को स्थायी किया गया है। उन्होंने सरकार पर सरकारी संपत्तियों को बेचने का भी आरोप लगाया। प्रदर्शनकारियों में सुरिंदर सिंह बराड़, हरि बहादुर बिट्टू, गुरजंट सिंह कोकरी, गुरप्रीत सिंह, जसपाल पाली, भूपिंदर सिंह सेखों, धर्मजीत सिंह और राजबीर सिंह सहित यूनियन के अन्य पदाधिकारी और सदस्य भी शामिल रहे। सभी ने सरकार से कर्मचारियों और पेंशनरों की मांगों को जल्द पूरा करने की मांग की।
वैशाली नगर स्थित एक बाइक शोरूम में महिलाओं के लिए टॉक शो आयोजित किया गया, जिसमें शहर की महिला राइडर्स और विभिन्न क्षेत्रों से जुड़ी महिलाओं ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम में महिलाओं के आत्मविश्वास, चुनौतियों और उपलब्धियों पर चर्चा हुई तथा प्रतिभागियों ने अपने अनुभव साझा किए। कार्यक्रम में महिला बाइक राइडर रेनू शर्मा मुख्य अतिथि रहीं। उन्होंने बताया कि अगर महिलाएं खुद पर भरोसा रखें और अपने लक्ष्य तय करें तो किसी भी क्षेत्र में आगे बढ़ सकती हैं। उन्होंने बाइक राइडिंग से जुड़े अपने अनुभव साझा करते हुए महिलाओं को अपने सपनों के लिए आगे आने के लिए प्रेरित किया। राजस्थान, पंजाब, हरियाणा सहित कई राज्यों में की यात्राएंरेनू शर्मा ने बताया कि वे पिछले करीब दस साल से बाइक चला रही हैं। साल 2015 में बाइकिंग शुरू करने के बाद वे अपनी 1200 सीसी मोटरसाइकिल पर राजस्थान, पंजाब, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश सहित कई राज्यों की लंबी यात्राएं कर चुकी हैं। अब तक वे 30 हजार किलोमीटर से ज्यादा दूरी तय कर चुकी हैं। उन्होंने बताया कि लंबी यात्राओं ने उन्हें आत्मनिर्भर बनने और नए अनुभव हासिल करने का अवसर दिया। कार्यक्रम में बातचीत और कला गतिविधियां भी हुईंकार्यक्रम के दौरान महिलाओं के बीच खुलकर बातचीत हुई और उन्होंने अपने अनुभव साझा किए। इस दौरान कलाकार विजयलक्ष्मी राठौड़ ने कैनवास पेंटिंग सत्र भी कराया, जिसमें महिलाओं ने भाग लेते हुए अपनी रचनात्मकता दिखाई।कार्यक्रम में संगीत प्रस्तुति और क्विज प्रतियोगिता भी आयोजित की गई, जिसमें प्रतिभागियों को पुरस्कार दिए गए। अंत में रेनू शर्मा को उनके अनुभव साझा करने और महिलाओं को प्रेरित करने के लिए सम्मानित किया गया। ---- अपने क्षेत्र से जुड़ी समस्या को दैनिक भास्कर एप के सिविक इश्यू में पोस्ट करना के लिए क्लिक करें। ---
भारत-पाकिस्तान बॉर्डर से सटे श्रीगंगानगर जिले में करीब 30 करोड़ रुपए की हेरोइन मिली है। पाकिस्तान की ओर से ड्रोन से 6 किलो 400 ग्राम फेंकी गई। इसे समेजा कोठी थाना पुलिस और बीएसएफ ने कार्रवाई करते हुए जब्त कर लिया है। साथ ही मामले की जांच शुरू कर दी है। घटना जिले के रायसिंहनगर क्षेत्र के गांव 43 पीएस का है। गांव के एक खेत में पाकिस्तान की ओर से ड्रोन द्वारा 6 किलो 400 ग्राम फेंकी गई थी। मामले में बीएसएफ ने एक तस्कर को भी पकड़ा है। आरोपी हेरोइन की खेप लेने बॉर्डर के पास पहुंचा था, जिसे भारतीय जवानों ने पकड़ लिया। तस्कर पंजाब के फाजिल्का जिले का रहने वाला है। आरोपी से पुलिस, बीएसएफ और अन्य एजेंसियां गहन पूछताछ कर रही हैं और उसका क्रिमिनल रिकॉर्ड भी खंगाला जा रहा है। पुलिस जांच में जुटी है कि तस्कर हेरोइन को कहां ले जाने वाला था और क्या उसके अन्य साथी भी मौके पर थे। साथ ही तस्करी के पूरे नेटवर्क को भी खंगाला जा रहा है। इस बीच रायसिंहनगर, श्रीकरणपुर, समेजा कोठी समेत आस-पास के थाना क्षेत्रों में नाकाबंदी कर दी गई है। अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे खेतों में सर्च ऑपरेशन जारी है। जांच में सामने आया कि आरोपी के साथ 2 अन्य तस्कर भी थे, लेकिन दोनों फरार हो गए। दोनों की तलाश की जा रही है।
राजस्थान का बॉर्डर से सटा इलाका श्रीगंगानगर, 5 सालों में अब तक यहां 140 किलो से ज्यादा की हेरोइन और 15 ड्रोन पकड़े जा चुके हैं। इस 140 किलो हेरोइन की कीमत करीब 6 अरब रुपए हैं। इसी नशे से निपटने के लिए अब जिले में क्विक इन्वेस्टिगेशन एंड डिस्पोजल टीम (QI DT) का गठन कर दिया गया है, जो राजस्थान में ऐसा करने वाला पहला जिला बन गया है। साथ ही प्रतिबंधित प्रेगाबालिन कैप्सूल की तस्करी पर लगाम कसने के लिए विशेष जांच टीम (SIT) भी तैयार कर दी गई है। खेप टुकड़ों में राजस्थान आ रही पाकिस्तान से सटे बॉर्डर इलाके होने के कारण श्रीगंगानगर ड्रग्स तस्करी का बड़ा हब बन चुका है। 2022 से 2025 तक बॉर्डर एरिया से 140 किलो से ज्यादा हेरोइन और 15 ड्रोन जब्त किए जा चुके हैं, जिनकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत 6 अरब रुपए से अधिक बताई जा रही है। यही नशा पंजाब के तस्कर आगे ले जाते हैं और छोटी मात्रा में जिले में वापस लाकर युवाओं को नशे की दलदल में धकेल रहे हैं। फाइलें QI DT को सौंपी ट्रेनी आईपीएस और सीओ सिटी विशाल जांगिड़ ने बताया- अब क्विक इन्वेस्टिगेशन एंड डिस्पोजल टीम (QI DT) टीम इन नशा तस्करों के खिलाफ कार्रवाई करेगी। QIDT टीम को बॉर्डर से जुड़े हेरोइन तस्करी के सभी 61 मामलों की फाइल ट्रांसफर कर दी गई है। इसके अलावा 2023 से अब तक दर्ज 35 फिरौती के मामलों की जांच भी इसी टीम को सौंपी गई है। टीम का नेतृत्व एएसपी भंवरलाल मेघवाल कर रहे हैं। टीम का फोकस आरोपियों की पूरी चेन तक पहुंचना और नेटवर्क को पूरी तरह क्रैक करना है। जांच गहराई से होगी, जबकि गिरफ्तारी का काम संबंधित थाना अधिकारियों को सौंपा जाएगा। ड्रोन ड्रॉपिंग का सीजनल पैटर्न जानकारी के अनुसार, अब तक की जांच में सामने आया कि ड्रोन से हेरोइन ड्रॉपिंग का पैटर्न सीजनल है। गर्मियों में (अप्रैल-अगस्त) दोपहर 12 से 3 बजे और सर्दियों में (नवंबर-फरवरी) रात 1 से सुबह 4 बजे के बीच यह ज्यादा होती है। विभिन्न थाना क्षेत्रों में ड्रॉपिंग के हॉटस्पॉट चिन्हित कर लिए गए हैं। 2 बार पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए हथियार भी आए, जिन्हें पुलिस ने जब्त कर लिया। प्रेगाबालिन की तस्करी जिले में प्रतिबंधित प्रेगाबालिन (Pregabalin) कैप्सूल की तस्करी बड़े पैमाने पर हो रही है, जो युवाओं में नशे के तौर पर तेजी से लोकप्रिय हो रही है। हाल ही में अनूपगढ़ पुलिस ने एक कार्रवाई में 36 हजार प्रेगाबालिन कैप्सूल जब्त किए और 2 तस्करों- रवि कुमार और मनप्रीत सिंह को पकड़ा गया। इससे पहले भी हजारों कैप्सूल अलग-अलग ठिकानों से बरामद हो चुके हैं। सप्लायरों तक पहुंचना है मकसद इस लगातार आवक को देखते हुए SIT का गठन कर दिया गया है। SIT दवा कंपनियों से डेटा जुटाकर सप्लाई चेन की पूरी 'कुंडली' तैयार करेगी। मकसद सिर्फ छोटे तस्करों को पकड़ना नहीं, बल्कि बड़े डीलरों और सप्लायरों तक पहुंचना है। पुलिस के मुताबिक, प्रेगाबालिन 300 MG कैप्सूल न्यूरोलॉजिकल दर्द के इलाज के लिए निर्धारित है, लेकिन इसका दुरुपयोग नशे के रूप में हो रहा है। यह NDPS एक्ट के तहत प्रतिबंधित है और जिले में इसकी बिक्री-खरीद पर सख्त पाबंदी है। फिर भी बॉर्डर इलाकों से पाकिस्तान या पंजाब की तरफ से बड़ी खेपें आ रही हैं।
श्री गुरु वाल्मीकि सभा पंजाब ने श्रीराम कथा पुस्तक रिलीज की
जालंधर | श्री गुरु वाल्मीकि सभा पंजाब की ओर से केएल सहगल मेमोरियल हॉल में भगवान वाल्मीकि जी कि श्रीराम कथा पुस्तक का विमोचन किया गया। कार्यक्रम में अखिल भारतीय युवा वैश्य महासभा युवा नेता प्रधान आयुष अग्रवाल और जालंधर ट्रेडर्स एंड मैन्युफैक्चरिंग एसोसिएशन के सदस्य साथियों सहित खास तौर पर शामिल हुए। यहां प्रधान अश्वनी धालीवाल, चेयरमैन पुरुषोत्तम सोंधी, वाल्मीकि सेना पंजाब के प्रधान नव विकास, बबून सोंधी, गौरव, लाली हंस व अन्य लोग उपस्थित थे।
पॉपुलर रियलिटी शो 'बिग बॉस 19' का वीकेंड का वार एपिसोड धमाकेदार रहा। शो में मुनव्वर फारुकी और शहनाज गिल बतौर गेस्ट बनकर पहुंचे। वहीं 'बिग बॉस' के घर में पहले वाइल्ड कार्ड कंटेस्टेंट की भी एंट्री हुई। शहनाज गिल के भाई शहबाज बदेशा ने 'बिग बॉस' के घर ...
बाढ़ पीड़ितों की मदद करने पंजाब पहुंचें सोनू सूद, बोले- पूरी मदद करने की कोशिश करूंगा
पंजाब के कई गांव इन दिनों भीषण बाढ़ की चपेट में हैं। लोगों के खेतों से लेकर घरों तक में पानी भरा हुआ है। लाखों लोग बेघर हो गए हैं। ऐसे मुश्किल वक्त में कई सेलेब्स लोगों की मदद के लिए आगे आ रहे हैं। वहीं अब अपने नेक कामों से लोगों का दिल जीतने वाले ...
कंगना रनौट की इमरजेंसी को पंजाब में बैन करने की मांग, सिनेमाघरों के बाहर पुलिस बल तैनात, कई शो कैंसल
तमाम विवादों के बाद कंगना रनौट की फिल्म 'इमरजेंसी' सिनेमाघरों में रिलीज हो गई है। हालांकि रिलीज के बाद भी फिल्म को लेकर विवाद खत्म नहीं हुआ है। फिल्म का पंजाब में जमकर विरोध किया जा रहा है। 'इमरजेंसी' पर बैन लगाने की मांग के बीच पंजाब में सिनेमाघरों ...
Diljit Dosanjh Canada Concert: फेमस सिंगर और एक्टर दिलजीत दोसांझ की दुनियाभर में जबरदस्त लोकप्रियता हैं। उनके लाइव कॉन्सर्ट में लाखों लोगों की भीड़ इकट्ठा होती है। हाल ही में दिलजीत ने कनाडा में परफॉर्मेंस दी। दोरंदो के रॉजर्स सेंटर में परफॉर्मेंस ...
बॉलीवुड अदाकारा और हिमाचल के मंडी सीट से भाजपा की नवनिर्वाचित सांसद कंगना रनौत को चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर CISF के एक गार्ड ने कथित तौर पर किसानों के विरोध प्रदर्शन पर उनकी टिप्पणी को लेकर थप्पड़ मारा। अभिनेत्री ने इस घटना के लिए कुलविंदर कौर के रूप में पहचाने गई गार्ड के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। घटना से जुड़ा एक वीडियो भी कंगना रनौत ने अपने सोशल मीडिया पर शेयर किया है। Shocking rise in terror and violence in Punjab…. pic.twitter.com/7aefpp4blQ — Kangana Ranaut (Modi Ka Parivar) (@KanganaTeam) June 6, 2024 हाल ही में लोकसभा चुनाव जीतने वाली कंगना रनौत घटना के समय दिल्ली जा रही थीं। रिपोर्टों से संकेत मिलता है कि मंडी से सांसद-चुनाव को सुरक्षा जांच के दौरान अपना फोन ट्रे में रखने से इनकार करने पर एक सुरक्षाकर्मी को धक्का देने के लिए थप्पड़ मारा गया था। इसे भी पढ़ें: Jammu and Kashmir Shiva Temple Burnt | जम्मू-कश्मीर का 106 साल पुराना शिव मंदिर जलकर हुआ खाक, बॉलीवुड की कई फिल्में यहीं पर हुई थी शूट कंगना रनौत दोपहर 3 बजे विस्तारा की फ्लाइट से दिल्ली के लिए रवाना हुईं। यह घटना रनौत के हिमाचल प्रदेश के मंडी से लोकसभा चुनाव जीतने के कुछ दिनों बाद हुई। चुनाव आयोग की वेबसाइट के अनुसार, राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता अभिनेता ने कांग्रेस के प्रतिद्वंद्वी विक्रमादित्य सिंह को 74,755 मतों से हराया। राजनीतिक नेता के रूप में अपने पहले लोकसभा चुनाव में रनौत को 5,37,022 वोट मिले। मंडी लोकसभा सीट से दस उम्मीदवारों ने चुनाव लड़ा, जिसमें 13, 77, 173 मतदाता हैं। मतदान प्रतिशत 73.15 रहा। जीत की घोषणा से पहले रनौत ने सोशल मीडिया पर लिखा, मंडी के सभी लोगों को इस प्यार और भरोसे के लिए दिल से आभार... यह जीत आप सभी की है, यह प्रधानमंत्री मोदी और भाजपा में आपके भरोसे की जीत है, यह सनातन की जीत है और मंडी के सम्मान की जीत है। रनौत ने एक्स पर अपनी पोस्ट के साथ कैप्शन में लिखा, मंडी की संसद। कंगना ने 17 साल की उम्र में अपने अभिनय करियर की शुरुआत की थी। उन्होंने इंडस्ट्री के कई जाने-माने निर्देशकों के साथ काम किया है, जिनमें अनुराग बसु की फिल्म गैंगस्टर भी शामिल है और उन्होंने क्वीन, तनु वेड्स मनु, मणिकर्णिका और फैशन जैसी फिल्मों में अपने अभिनय के लिए प्रशंसा अर्जित की है। भाजपा नेता और अभिनेत्री कंगना रनौत दिल्ली एयरपोर्ट पर पहुंचीं #WATCH | BJP leader and actor Kangana Ranaut arrives at Delhi airport A woman constable of CISF allegedly slapped Kangana Ranaut at Chandigarh Airport during a frisking argument. An inquiry committee comprising senior CISF officers has been set up to conduct a further… pic.twitter.com/EmrYPQgheH — ANI (@ANI) June 6, 2024
तीसरी बार पिता बने पंजाब सीएम भगवंत मान, पत्नी गुरप्रीत कौर ने दिया बेटी को जन्म
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के घर किलकारी गूंजी है. उनके घर लक्ष्मी पैदा हुई है. सीएम की पत्नी गुरप्रीत कौर ने बेटी को जन्म दिया है. भगवंत ने ट्विटर पर बेटी की पहली झलक भी दिखाई है.
विराट कोहली ने सोमवार को पंजाब किंग्स (पीबीकेएस) के खिलाफ बल्ले से चमक बिखेरी और अपनी टीम रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (आरसीबी) को चिन्नास्वामी स्टेडियम में पंजाब किंग्स (पीबीकेएस) के खिलाफ आसान जीत दिलाई। उन्होंने 49 गेंदों पर 77 रनों की शानदार पारी खेली, जिसमें 11 चौके और 2 छक्के शामिल हैं। इसे भी पढ़ें: Taapsee Pannu के पति Mathias Boe आखिर कौन है? जब सफल भी नहीं थी एक्ट्रेस तब से उन्हें प्यार करते थे बैडमिंटन खिलाड़ी मैच जीतने के बाद, क्रिकेटर को मैदान से वीडियो कॉल पर अपनी पत्नी अनुष्का शर्मा और बच्चों वामिका और अकाय से बात करते देखा गया। विराट ने भी अपनी चतुराई का प्रदर्शन किया, क्योंकि उन्होंने कैमरे के अपने किनारे को बड़ी स्क्रीन पर रखा, जिससे ग्राउंड कैमरा उनके परिवार को कॉल पर कैप्चर नहीं कर सका। विराट द्वारा अपने परिवार को वीडियो कॉल करने का वीडियो तुरंत सोशल मीडिया पर वायरल हो गया और हर तरफ से नेटिज़न्स की प्रतिक्रिया आ रही है। इसे भी पढ़ें: Bollywood Holi Celebration । रंगीन रंगों से सजे नजर आए बॉलीवुड गलियारे, कुछ इस तरह सितारों ने मनाई होली । See Pics And Videos नेटिज़ेंस की प्रतिक्रिया कॉल ख़त्म करने से पहले, विराट को अपने परिवार को फ्लाइ किस देते हुए और 'आई लव यू' कहते हुए भी देखा गया। वीडियो के सोशल मीडिया पर वायरल होने के तुरंत बाद, नेटिज़न्स अपने पसंदीदा स्टार क्रिकेटर पर अपने विचार व्यक्त करने के लिए तत्पर थे। एक यूजर ने लिखा, ''उनके प्यारे एक्सप्रेशंस देखिए।'' दूसरे ने लिखा ''मैच के बाद अनुष्का शर्मा के साथ वीडियो कॉल पर विराट कोहली। सबसे खूबसूरत पल!'' आरसीबी बनाम पीबीकेएस मैच के बारे में अधिक जानकारी विराट कोहली की प्रतिभा और दिनेश कार्तिक और महिपाल लोमरोर के फिनिशिंग टच ने रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु को आईपीएल 2024 की पहली जीत दिलाई। उन्होंने अंतिम ओवर में चार विकेट रहते हुए 177 रन के लक्ष्य का पीछा किया। जब कोहली आउट हुए, तब भी आरसीबी को अंतिम 24 गेंदों पर 47 रनों की जरूरत थी। हालांकि, विराट प्लेयर ऑफ द मैच बने। सीजन में अब तक दोनों पारियों में 98 रन बनाने के लिए उन्हें ऑरेंज कैप भी मिली। Virat Kohli on video call with his family. Look at his cute expressions #ViratKohli #RCBvsPBKS pic.twitter.com/PEdIpdWwQR — Satyam (@iamsatypandey) March 25, 2024
Sidhu Moose Wala के भाई के जन्म पर क्यों मचा हुआ है हंगामा ?बलकौर सिंह ने Video शेयर कर पंजाब सरकार पर लगाए गंभीर आरोप

