'पति की बहन ने उजाड़ दिया हमारा घर', पहाड़ी हादसे से पहले महिला का वीडियो वायरल
संभाजीनगर एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत मामले में एक नया मोड़ सामने आया है. दरअसल, बेटे ने पहाड़ी से कूदकर सुसाइड किया, पिता ने बचाने की कोशिश में गिरकर जान गंवाई और मां ने सदमे में खुदकुशी कर ली. अब मौत से पहले मां संगीता चांदगुडे का एक वीडियो सामने आया है जिसमें उन्होंने परिवार के रिश्तेदारों पर गंभीर आरोप लगाए हैं.
स्केट्स कांवड़ यात्रा में दिखा संस्कृति, संस्कार, भक्ति और खेल का अद्भुत संगम
अजमेर। भारत विकास परिषद मुख्य शाखा अजमेर एवं वेलोसिटी माइंड क्लब अजमेर के संयुक्त तत्वावधान में रविवार को तृतीय स्केट्स कांवड़ यात्रा का आयोजन किया गया। रीजनल चौपाटी से शुरू हुई इस अनूठी यात्रा में संस्कृति, संस्कार, भक्ति और खेल का अद्भुत संगम देखने को मिला। 200 से अधिक बच्चों ने स्केट्स पर सवार होकर […] The post स्केट्स कांवड़ यात्रा में दिखा संस्कृति, संस्कार, भक्ति और खेल का अद्भुत संगम appeared first on Sabguru News .
पंजाब सरकार पर अकाली दल का बड़ा हमला, सीएम परिवार पर लगे आरोपों की सीबीआई जांच की मांग
शिरोमणि अकाली दल (एसएडी) के वरिष्ठ नेता डॉ. दलजीत सिंह चीमा ने पंजाब सरकार पर वित्तीय कुप्रबंधन और भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाते हुए कई मुद्दों पर सवाल उठाए
सरकारी स्कूल में बिना अनुमति पहुंचे AAP नेता, FIR दर्ज
नोएडा के सेक्टर-51 स्थित सरकारी स्कूल में बिना अनुमति प्रवेश कर फोटो-वीडियो बनाने के आरोप में AAP युवा विंग के यूपी अध्यक्ष पंकज अवाना के खिलाफ FIR दर्ज हुई है। शिक्षक ने रिकॉर्डिंग रोकने पर धमकी देने का भी आरोप लगाया।
मियां-बीवी और आशिक तीनों साथ रहने पर अड़े! सीतापुर में अनोखी लव स्टोरी
Sitapur Husband Wife Lover Case: आमतौर पर पति-पत्नी के रिश्ते के बीच तीसरे शख्स के आने पर विवाद और अलगाव की स्थिति बनती है, लेकिन उत्तर प्रदेश के सीतापुर में पति, पत्नी और प्रेमी तीनों एक ही छत के नीचे साथ रहने की जिद पर अड़े हुए हैं.
'आपसे इस जन्म में नहीं होगा', 2027 चुनाव को लेकर अखिलेश पर ओपी राजभर का तंज
ओम प्रकाश राजभर ने चित्रकूट में प्रजापति समाज की महाराजा दक्ष प्रजापति जयंती कार्यक्रम में सपा, कांग्रेस और बसपा पर निशाना साधा. उन्होंने प्रजापति समाज से भागीदारी पार्टी से जुड़ने और NDA में शामिल होने की बात कही. राजभर ने PDA, अखिलेश यादव, आरक्षण और ‘वंदे मातरम’ को लेकर भी बयान दिया.
Chhattisgarh के वन मंत्री Kedar Kashyap सड़क दुर्घटना में बचे, छह लोग घायल
छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले में रविवार को एक तेज रफ्तार एसयूवी राज्य के वन मंत्री केदार कश्यप की कार से टकराने के बाद उनके सुरक्षा वाहन से टकरा गया। इस घटना में मंत्री बाल-बाल बचे लेकिन उनके निजी सहायक और चार पुलिसकर्मी समेत छह लोग घायल हो गए। पुलिस अधिकारियों ने यह जानकारी दी। जिले के भानपुरी थाना के प्रभारी हर्षवर्धन वर्मा ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि यह घटना क्षेत्र के फरसागुड़ा और जुनवाही गांवों के बीच हुई, जिसमें मंत्री के निजी सहायक, चार पुलिसकर्मी और सुरक्षा वाहन के चालक समेत छह लोग घायल हुए हैं। वर्मा ने बताया कि दोपहर में वन मंत्री केदार कश्यप अपने पैतृक गांव फरसागुड़ा से कोंडागांव शहर जा रहे थे। जब वह जुनवाही गांव के करीब पहुंचे तब कोंडागांव से जगदलपुर की ओर जा रहे तेज रफ्तार एसयूवी ने मंत्री की कार को सामने से टक्कर मार दी और बाद में असंतुलित होकर पीछे चल रहे सुरक्षा वाहन से टकरा गया। उन्होंने बताया कि इस टक्कर से सुरक्षा वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें सवार सुरक्षाकर्मी घायल हो गए। वर्मा ने बताया कि घटना के बाद घायलों को तत्काल कोंडगांव स्थित जिला अस्पताल पहुंचाया गया। वरिष्ठ अधिकारियों ने पुष्टि की है कि मंत्री कश्यप को कोई गंभीर चोट नहीं पहुंची है। अधिकारियों ने बताया कि घायलों की पहचान मंत्री के निजी सहायक अनुराग शर्मा, सुरक्षा वाहन के चालक सुनील कुमार मौर्य, प्रधान आरक्षक राजेश नेताम और सुकांतिन उसेंडी तथा आरक्षक त्रिलोतमा ध्रुव और नर्मदा मरकाम के रूप में हुई है। उन्होंने बताया कि घायलों में से दो को कोंडागांव जिला अस्पताल में तथा तीन को जगदलपुर के मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं, मंत्री के निजी सहायक शर्मा को बेहतर इलाज के लिए रायपुर भेजा गया है। अधिकारियों ने बताया कि टक्कर में मंत्री का वाहन और सुरक्षा वाहन क्षतिग्रस्त हुए हैं। पुलिस ने एसयूवी के चालक को हिरासत में लिया है तथा उससे पूछताछ की जा रही है। घटना के संबंध में पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
CJP के कार्यक्रम में थप्पड़बाजी, दीवार फांदकर घुसे ABVP-भाजयुमो कार्यकर्ता
जोधपुर में CJP प्रवक्ता आशुतोष रांका के कार्यक्रम में ABVP और बीजेपी युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं के घुसने से हंगामा हुआ. पुलिस ने दो लोगों को डिटेन कर पूछताछ शुरू की. कार्यक्रम खत्म होने के बाद पुलिस सुरक्षा में आशुतोष रांका को जोधपुर से जयपुर रवाना किया गया.
भारत में गिग इकोनॉमी, कंसल्टेंसी और रिमोट वर्क के बढ़ते चलन के बीच फ्रीलांसिंग लाखों युवाओं के लिए कमाई का मुख्य जरिया बन चुकी है। सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट, कंटेंट राइटिंग, ग्राफिक डिजाइनिंग, डिजिटल मार्केटिंग, वीडियो एडिटिंग और लीगल-मेडिकल कंसल्टेंसी जैसे पेशों में काम करने वाले प्रोफेशनल्स हर महीने विभिन्न घरेलू और अंतरराष्ट्रीय क्लाइंट्स से रेवेन्यू अर्जित करते हैं। हालांकि, जब बात इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) दाखिल करने की आती है, तो बहुत से फ्रीलांसर्स सैलरीड कर्मचारियों और बिजनेस क्लास के बीच के नियमों में उलझ जाते हैं। वित्तीय वर्ष के लिए आईटीआर फाइलिंग की समय-सीमा नजदीक आ रही है, ऐसे में अनजाने में की गई छोटी सी चूक भी आयकर विभाग के ऑटोमेटेड स्क्रूटनी सिस्टम और धारा 143(1) या 148 के तहत नोटिस का कारण बन सकती है।गलती 1: गलत ITR फॉर्म का चयन (ITR-1 या ITR-2 भरने की भारी भूल)अधिकांश फ्रीलांसर्स की पहली और सबसे गंभीर गलती गलत रिटर्न फॉर्म का चयन करना होता है। कई फ्रीलांसर अपनी कमाई को सामान्य आय समझकर वेतनभोगी कर्मचारियों के लिए बने सरल फॉर्म यानी ITR-1 (सहज) या ITR-2 में दाखिल कर देते हैं। आयकर नियमों के अनुसार, फ्रीलांसिंग से होने वाली आय को 'इनकम फ्रॉम बिजनेस या प्रोफेशन' (PGBP) श्रेणी में गिना जाता है।यदि आप एक फ्रीलांसर हैं, तो आप केवल दो ही फॉर्म के पात्र होते हैं:ITR-4 (सुगम): यदि आप धारा 44ADA के तहत प्रिजम्प्टिव टैक्सेशन स्कीम चुन रहे हैं और आपकी सकल व्यावसायिक रसीदें ₹50 लाख (या 95% डिजिटल लेनदेन होने पर ₹75 लाख) तक हैं।ITR-3: यदि आपकी कुल प्राप्तियां निर्धारित सीमा से अधिक हैं, आप बही-खाते (Books of Accounts) मेंटेन करते हैं और वास्तविक खर्चों को क्लेम करते हुए सामान्य मुनाफे पर टैक्स देना चाहते हैं।गलत फॉर्म में रिटर्न भरने पर आयकर विभाग आपके रिटर्न को 'डिफेक्टिव रिटर्न' (Defective Return under Section 139(9)) घोषित कर सकता है, जिसे सुधारने के लिए सीमित समय मिलता है।गलती 2: AIS, TIS और फॉर्म 26AS से बैंक खातों व टीडीएस का मिलान न करनाआयकर विभाग का आधुनिक कम्प्यूटरीकृत सिस्टम अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और बिग डेटा एनालिटिक्स से पूरी तरह लैस है। जब भी कोई भारतीय कंपनी किसी फ्रीलांसर को ₹30,000 से अधिक का भुगतान करती है, तो वह आमतौर पर धारा 194J (प्रोफेशनल फीस) या 194C (कॉन्ट्रैक्ट फीस) के तहत टीडीएस (TDS) काटती है। यह काटा गया टैक्स सीधे आपके एनुअल इंफॉर्मेशन स्टेटमेंट (AIS), टैक्सपेयर इंफॉर्मेशन समरी (TIS) और फॉर्म 26AS में दर्ज हो जाता है।यदि आपके द्वारा रिटर्न में घोषित कुल आय और एआईएस में दर्ज राशि के बीच थोड़ा भी अंतर (Mismatch) पाया जाता है, तो सिस्टम स्वतः ही मिसमैच फ्लैग कर देता है। इसके अलावा, आपके सभी सक्रिय बचत बैंक खातों और चालू खातों में जमा हुई कुल राशि, शेयर बाजार में ट्रेडिंग या म्यूचुअल फंड रिडेम्पशन की जानकारी भी एआईएस में मौजूद रहती है। इसलिए रिटर्न दाखिल करने से पहले पोर्टल से एआईएस और 26AS डाउनलोड कर प्रत्येक प्रविष्टि का बारीकी से मिलान करना अनिवार्य है।गलती 3: विदेशी क्लाइंट्स से मिलने वाले रेवेन्यू और फेमा (FEMA) नियमों की अनदेखीविदेशी क्लाइंट्स के लिए काम करने वाले भारतीय फ्रीलांसर्स अक्सर अंतरराष्ट्रीय पेमेंट गेटवे जैसे पेपैल, स्ट्राइप, पायोनियर या सीधे वायर ट्रांसफर (SWIFT) के जरिए यूएस डॉलर, यूरो या पाउंड में भुगतान प्राप्त करते हैं। कई बार फ्रीलांसर्स को लगता है कि विदेशी आय पर भारत में टैक्स नहीं लगेगा या यह छूट के दायरे में आती है।यदि आप भारत के टैक्स रेजिडेंट हैं, तो आपकी वैश्विक आय (Global Income) भारत में कर-योग्य होती है। विदेशी आय प्राप्त करते समय आपके पास अपने बैंक द्वारा जारी 'फॉरेन इनवर्ड रेमिटेंस सर्टिफिकेट' (FIRC) या रेमिटेंस एडवाइस का होना आवश्यक है। इसके अलावा, यदि आपकी कुल सालाना फ्रीलांस आय जीएसटी पंजीकरण की सीमा (सेवाओं के लिए ₹20 लाख) को पार कर जाती है, तो सेवाओं का शून्य-रेटेड निर्यात (Export of Services) करने के लिए आपके पास वैध जीएसटी नंबर और लेटर ऑफ अंडरटेकिंग (LUT) होना जरूरी है। बिना एलयूटी के विदेशी भुगतान लेने पर जीएसटी विभाग की ओर से भी देयता और ब्याज का नोटिस आ सकता है।गलती 4: धारा 44ADA के तहत खर्चों और मुनाफे का गलत आकलनछोटे फ्रीलांसर्स और प्रोफेशनल्स के लिए आयकर अधिनियम की धारा 44ADA एक बेहद सुविधाजनक प्रावधान है। इसके तहत पात्र फ्रीलांसर्स (जैसे सॉफ्टवेयर इंजीनियर, डिजाइनर, लेखक, वकील, डॉक्टर आदि) को नियमित बैलेंस शीट और ऑडिट कराए बिना अपनी कुल सकल प्राप्तियों का कम से कम 50% हिस्सा शुद्ध मुनाफा (Net Profit) मानकर सीधे टैक्स देने की छूट मिलती है। बाकी 50% हिस्से को व्यावसायिक खर्च मान लिया जाता है।हालांकि, इसमें फ्रीलांसर्स दो बड़ी गलतियां करते हैं:यदि आपका वास्तविक मुनाफा 50% से अधिक है (मान लीजिए 80%), फिर भी आप मनमाने ढंग से केवल न्यूनतम 50% दिखाकर टैक्स बचाते हैं और बैंक खाते में भारी सरप्लस बैलेंस रखते हैं, तो स्क्रूटनी में यह पकड़ा जा सकता है।प्रिजम्प्टिव स्कीम चुनने के बाद आप अलग से इंटरनेट बिल, लैपटॉप डेप्रिसिएशन, ऑफिस किराए या यात्रा खर्च को डिडक्शन के रूप में क्लेम नहीं कर सकते, क्योंकि 50% की फ्लैट छूट में सभी खर्च पहले से शामिल माने जाते हैं।गलती 5: एडवांस टैक्स (Advance Tax) की किस्तों का भुगतान न करनावेतनभोगी कर्मचारियों की सैलरी से उनका नियोक्ता हर महीने टैक्स काटकर जमा करता रहता है, लेकिन फ्रीलांसर्स के मामले में टीडीएस कटने के बावजूद अक्सर अंतिम टैक्स देनदारी अधिक निकलती है। आयकर कानून के अनुसार, यदि किसी वित्तीय वर्ष में टीडीएस काटने के बाद आपकी शुद्ध टैक्स देनदारी ₹10,000 या उससे अधिक बनती है, तो आपको चार किस्तों में एडवांस टैक्स जमा करना अनिवार्य होता है।ये किस्तें हर साल 15 जून (15%), 15 सितंबर (45%), 15 दिसंबर (75%) और 15 मार्च (100%) तक जमा करनी होती हैं (धारा 44ADA चुनने वाले 15 मार्च तक पूरी राशि एकमुश्त जमा कर सकते हैं)। यदि आप समय पर एडवांस टैक्स नहीं भरते हैं और केवल जुलाई में आईटीआर फाइल करते समय पूरा सेल्फ-असेसमेंट टैक्स देते हैं, तो धारा 234B और 234C के तहत आपको 1% प्रति माह की दर से भारी दंडात्मक ब्याज चुकाना पड़ेगा।नोटिस से बचने के लिए तुरंत करें ये कामअंतिम दिनों की सर्वर की सुस्ती और तकनीकी दिक्कतों से बचने के लिए समय रहते अपना रिटर्न दाखिल करें। फाइलिंग पूरा करने के बाद 30 दिनों के भीतर अपने रिटर्न का ई-वेरिफिकेशन (e-Verification) आधार ओटीपी या नेट बैंकिंग के जरिए जरूर पूरा करें। बिना सत्यापन के भरा गया रिटर्न कानूनी रूप से अमान्य माना जाता है, जिससे पेनाल्टी और नोटिस दोनों का जोखिम बना रहता है।
रसोई गैस उपभोक्ताओं को बार-बार सिलेंडर बुक कराने, डिलीवरी के इंतजार और खत्म होने के झंझट से मुक्ति दिलाने के लिए केंद्र सरकार ने एक राष्ट्रव्यापी और महत्वाकांक्षी योजना पर काम तेज कर दिया है। पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों को एक औपचारिक पत्र लिखकर निर्देश दिया है कि जहां भी गैस पाइपलाइन का नेटवर्क पहुंच चुका है, वहां तेजी से घरों को पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) से जोड़ा जाए। इस बदलाव को जमीनी स्तर पर सुचारू बनाने के लिए राज्य सरकारों से जिला स्तर पर प्रशासनिक सहयोग और नोडल अधिकारियों की तैनाती करने को कहा गया है।राज्यों को भेजे गए पत्र में क्या हैं प्रमुख निर्देश?पेट्रोलियम सचिव द्वारा राज्यों को भेजे गए पत्र में स्पष्ट किया गया है कि देश के ऊर्जा बदलाव (Energy Transition) और उपभोक्ताओं की सहूलियत के लिए पीएनजी को तेजी से अपनाना आवश्यक है:जिला स्तर पर नोडल अधिकारी: हर जिले में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग (Food & Civil Supplies) के वरिष्ठ अधिकारियों को नोडल अधिकारी नियुक्त किया जाएगा, जो सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन (CGD) कंपनियों और तेल विपणन कंपनियों (OMCs) के बीच समन्वय स्थापित करेंगे।पीएनजी समन्वय समिति (PCC): हर भौगोलिक क्षेत्र में पीएनजी कोआर्डिनेशन कमेटी का गठन किया जाएगा, जो सोसायटियों और मोहल्लों में पाइपलाइन बिछाने के लिए राइट ऑफ वे (Right of Way) और जरूरी अनुमतियां दिलाने में मदद करेगी।जागरूकता और शिकायत निवारण: उपभोक्ताओं को पीएनजी के सुरक्षा फायदों के प्रति जागरूक करने और संक्रमण प्रक्रिया में आने वाली शिकायतों का मौके पर निपटारा करने की व्यवस्था की जाएगी।सिलेंडर के बजाय पीएनजी पर क्यों फोकस कर रही है सरकार?भारत अपनी कुल घरेलू एलपीजी जरूरतों का एक बड़ा हिस्सा खाड़ी देशों से आयात करता है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भू-राजनीतिक तनाव और समुद्री मार्गों में व्यवधान आने पर आपूर्ति श्रृंखला प्रभावित होने का जोखिम रहता है।पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) का दायरा बढ़ाने से ट्रकों और भारी वाहनों के जरिए सिलेंडर ढोने का भारी लॉजिस्टिक्स खर्च बचेगा, कार्बन उत्सर्जन घटेगा और उपभोक्ताओं को 24 घंटे निर्बाध व सस्ती गैस की सुविधा मिलेगी। इसके साथ ही सरकार ने सीजीडी कंपनियों के लिए सस्ती घरेलू गैस (APM Gas) के आवंटन की प्रोत्साहन योजना को भी मंजूरी दी है, जिससे कनेक्शन बिछाने की लागत वसूली की अवधि तेजी से घटेगी।दोहरे कनेक्शन पर रोक और नए नियमआवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत अधिसूचित एलपीजी कंट्रोल ऑर्डर्स और संबंधित नियमों के अनुसार, जिन रिहायशी कॉलोनियों और हाउसिंग सोसायटियों में पीएनजी की लाइन चालू हो चुकी है, वहां रहने वाले उपभोक्ताओं को दोहरे कनेक्शन (Simultaneous LPG and PNG) रखने की अनुमति नहीं होगी।पीएनजी लाइन उपलब्ध होने के बाद विधिवत नोटिस मिलने पर उपभोक्ताओं को पीएनजी कनेक्शन अपनाना होगा और अपना एलपीजी सिलेंडर सरेंडर करना होगा। यदि कोई उपभोक्ता उपलब्ध नेटवर्क के बावजूद पीएनजी अपनाने से मना करता है, तो तय समय-सीमा के बाद उस पते पर एलपीजी सिलेंडर की डिलीवरी बंद की जा सकती है।सिलेंडर सरेंडर और रिफंड की व्यवस्थासरकार ने स्पष्ट किया है कि उपभोक्ताओं को बदलाव के दौरान किसी तरह का वित्तीय नुकसान नहीं होगा। जब उपभोक्ता अपना एलपीजी कनेक्शन सरेंडर करेंगे, तो तेल कंपनियां कनेक्शन लेते समय जमा की गई सिक्योरिटी डिपॉजिट राशि को सीधे उपभोक्ता के खाते में रिफंड करेंगी और टर्मिनेशन वाउचर जारी करेंगी।वहीं जिन ग्रामीण और दूर-दराज के इलाकों में अभी पाइपलाइन नेटवर्क नहीं पहुंचा है, वहां पहले की तरह पारंपरिक एलपीजी सिलेंडरों की निर्बाध आपूर्ति सामान्य रूप से जारी रहेगी। यह राष्ट्रव्यापी पहल आने वाले समय में देश के करोड़ों घरों की रसोई को अधिक सुरक्षित, किफायती और आधुनिक बनाने जा रही है।
सनी की बंटवारा देख भड़की Pak एक्ट्रेस, मेकर्स को सुनाया
सनी देओल की बंटवारा 1947 फिल्म देखकर पाकिस्तानी एक्ट्रेस बुशरा अंसारी निराश हुई हैं. उनका कहना है कि फिल्म में पंजाबी भाषा सही से नहीं बोली गई है, जबकि उनके पास बेहतरीन कलाकार हैं जो पंजाबी बोल सकते हैं.
साल 1962 में डॉ. होमी जहांगीर भाभा और डॉ. विक्रम साराभाई की दूरदर्शिता के साथ शुरू हुआ भारत का अंतरिक्ष कार्यक्रम आज छह दशकों के सफर के बाद दुनिया के सबसे शक्तिशाली और आधुनिक अंतरिक्ष ईकोसिस्टम के रूप में स्थापित हो चुका है। केरल के थुम्बा से साइकिल और बैलगाड़ी पर रॉकेट के पुर्जे ढोने से शुरू हुआ यह सफर आज करीब 440 पंजीकृत स्पेस स्टार्टअप्स और 9 अरब डॉलर (USD 9 Billion) की एक विशाल अंतरिक्ष अर्थव्यवस्था का रूप ले चुका है। सरकारी नियंत्रण से निकलकर निजी भागीदारी और वैश्विक नवाचार का केंद्र बने भारत का अंतरिक्ष क्षेत्र अब मानव मिशन 'गगनयान' और अपना स्वयं का 'भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन' (BAS) स्थापित करने की दिशा में ऐतिहासिक कदम बढ़ा रहा है।1962 से अब तक: थुम्बा के साउंडिंग रॉकेट से चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव तक का सफरभारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रम की नींव 1962 में 'इंडियन नेशनल कमेटी फॉर स्पेस रिसर्च' (INCOSPAR) के गठन के साथ पड़ी थी। इसके बाद 1969 में भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) की स्थापना हुई।1975 में पहले स्वदेशी उपग्रह 'आर्यभट्ट' के सफल प्रक्षेपण से लेकर इनसैट (INSAT), पीएसएलवी (PSLV) और एलवीएम-3 (LVM3) जैसे भरोसेमंद प्रक्षेपण यानों के निर्माण ने भारत को उपग्रह प्रक्षेपण का वैश्विक हब बना दिया। चंद्रयान-1 द्वारा चंद्रमा पर पानी के अणुओं की खोज, मंगलयान (Mangalyaan) की ऐतिहासिक पहली ही कोशिश में सफलता और 23 अगस्त 2023 को चंद्रयान-3 की चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर ऐतिहासिक सॉफ्ट लैंडिंग ने भारत को दुनिया के शीर्ष अंतरिक्ष देशों की कतार में सबसे आगे लाकर खड़ा कर दिया।440 स्पेस स्टार्टअप्स और निजी क्षेत्र की ऐतिहासिक क्रांतिअंतरिक्ष क्षेत्र में हुए ऐतिहासिक सुधारों और भारतीय राष्ट्रीय अंतरिक्ष संवर्धन और प्राधिकरण केंद्र (IN-SPACe) के गठन के बाद देश में निजी कंपनियों और स्टार्टअप्स की बाढ़ आ गई है।स्टार्टअप्स का विस्तार: साल 2014 में देश में केवल 1 स्पेस स्टार्टअप था, जो आज बढ़कर लगभग 440 स्टार्टअप्स तक पहुंच चुका है।निजी निवेश में उछाल: निजी स्पेस सेक्टर में विदेशी प्रत्यक्ष निवेश (FDI) नियमों के उदारीकरण और ₹1,000 करोड़ के वेंचर कैपिटल फंड के सहयोग से निजी निवेश 600 मिलियन डॉलर से अधिक का आंकड़ा छू चुका है।निजी रॉकेट और सैटेलाइट्स: अग्निकुल कॉस्मॉस, स्काईरूट एयरोस्पेस, पिक्सल और ध्रुव स्पेस जैसे भारतीय स्टार्टअप्स अब खुद के रॉकेट लॉन्च करने और पृथ्वी अवलोकन (Earth Observation) सैटेलाइट समूह स्थापित करने में सक्षम हो चुके हैं।गगनयान मिशन का ताजा अपडेट: अंतरिक्ष में भारत की पहली मानव उड़ानभारत के महत्वाकांक्षी मानव अंतरिक्ष उड़ान कार्यक्रम 'गगनयान' (Gaganyaan) का बजट ₹20,193 करोड़ तक विस्तारित किया जा चुका है। इस मिशन का मुख्य उद्देश्य 3 भारतीय अंतरिक्ष यात्रियों (गगनयात्रियों) को पृथ्वी की 400 किलोमीटर की निचली कक्षा (LEO) में 3 दिनों के लिए भेजना और उन्हें सुरक्षित रूप से समुद्र में वापस उतारना है।मिशन के तहत पहले मानवरहित (Uncrewed) प्रायोगिक परीक्षण में महिला रोबोट 'व्योममित्र' (Vyommitra Half-Humanoid) को अंतरिक्ष में भेजा जाएगा ताकि क्रू मॉड्यूल की लाइफ सपोर्ट और सुरक्षा प्रणालियों की सटीक जांच हो सके। इसके बाद आगामी चरणों में भारतीय वायुसेना के चयनित अंतरिक्ष यात्री तिरंगे के साथ अंतरिक्ष की यात्रा करेंगे।भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन (BAS): 2035 तक कक्षा में स्थापित होगा देश का स्पेस लैबरूस, अमेरिका और चीन के बाद अपनी खुद की स्पेस लैब संचालित करने वाला भारत दुनिया का चौथा देश बनने की राह पर है। केंद्रीय कैबिनेट द्वारा स्वीकृत 'भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन' (BAS) एक 52 टन वजनी अत्याधुनिक 5-मॉड्यूल स्टेशन होगा, जो पृथ्वी की कक्षा में 400-450 किमी की ऊंचाई पर चक्कर लगाएगा।पहला मॉड्यूल (BAS-01): भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन के पहले बेस मॉड्यूल (BAS-01) को वर्ष 2028 तक भारत के सबसे शक्तिशाली रॉकेट LVM3 के जरिए अंतरिक्ष में लॉन्च करने का लक्ष्य तय किया गया है।पूर्ण स्टेशन का संचालन: पूरे 5 मॉड्यूल वाले स्टेशन को वर्ष 2035 तक पूरी तरह चालू (Operational) कर दिया जाएगा।माइक्रोग्रैविटी रिसर्च: यह स्टेशन भारतीय वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं को अंतरिक्ष में दवाओं के निर्माण, जैविक प्रयोगों, सामग्री विज्ञान और भविष्य के चंद्रमा व मंगल अभियानों के लिए दीर्घकालिक मानव अनुसंधान का स्वतंत्र मंच प्रदान करेगा।भारत का यह अंतरिक्ष सफर केवल वैज्ञानिक उपलब्धियों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह देश की रणनीतिक संप्रभुता, संचार, आपदा प्रबंधन और आगामी 10 वर्षों में स्पेस इकोनॉमी को 45 बिलियन डॉलर तक पहुंचाने का एक मजबूत और आत्मनिर्भर खाका है।
Ganpati Chakraborty Family Murder: 4
Ganpati Chakraborty Family Murder:
Kalyan Hospital में डॉक्टर पर मरीज के बेटे ने किया हमला, केस दर्ज
महाराष्ट्र के ठाणे जिले के एक अस्पताल में एक मरीज के बेटे के साथ विवाद के बाद कथित तौर पर 41 वर्षीय चिकित्सक को अपशब्द कहे गए और उस पर हमला किया गया। पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी। एक अधिकारी ने बताया कि कल्याण पुलिस ने शनिवार रात कल्याण ईस्ट के एक अस्पताल में हुई घटना के सिलसिले में आरोपी विनीत जयवंत देशमुख (30) के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 118(1) (जानबूझकर शारीरिक चोट पहुंचाना) और अन्य संबंधित प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया है। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि आरोपी के पिता अस्पताल के बाह्य रोगी विभाग (ओपीडी) में चिकित्सकीय जांच के लिए आए थे। जांच के बाद चिकित्सक योगेंद्र जायसवाल ने उन्हें दवाइयां लिखीं और दवा लेने की मात्रा तथा रोजाना के खानपान से जुड़े आवश्यक निर्देश दिए। अधिकारी के मुताबिक, जब चिकित्सक मरीज की अन्य शंकाओं का समाधान कर रहे थे, तभी आरोपी ने खानपान के नियमों तथा दवाइयों के इस्तेमाल को लेकर और जानकारी मांगते हुए चिकित्सक से कथित तौर पर अभद्र और आक्रामक में बात करना शुरू कर दिया। अधिकारी ने बताया कि आरोपी ने कथित तौर पर ओपीडी कक्ष के भीतर चिकित्सक के साथ गाली-गलौज की और उनकी गर्दन पकड़कर हमला कर दिया। उन्होंने बताया कि वहां मौजूद अन्य मरीजों और उनके परिजनों ने बीच-बचाव कर चिकित्सक को बचाया।
जौनपुर के 5 स्कूलों को लेकर संजय सिंह का दावा, बोले- रिकॉर्ड में संचालित, मौके पर नहीं मिले
आप सांसद संजय सिंह ने जौनपुर के पांच सरकारी स्कूलों के संचालन और रिकॉर्ड पर सवाल उठाए हैं, अधिकारियों से निष्पक्ष ज
NEET PG 2026 का Admit Card इस दिन होगा जारी, जानें डाउनलोड करने का फुल प्रोसेस और Exam Guideline
Kab ayega NEET PG Ka Admit Card : NEET PG के जरिए मेडिकल कॉलेजों के MD, MS और PG Diploma कोर्सों में प्रवेश मिलता है. यही कारण है कि हर साल बड़ी संख्या में MBBS पास उम्मीदवार इस परीक्षा में शामिल होते हैं.
कल का मौसम: 24 अगस्त को यूपी के इन हिस्सों में ज्यादा बारिश के आसार
23 अगस्त को भी राज्य में मानसून ने अपनी मौजूदगी मजबूत रखी. पश्चिमी और पूर्वी यूपी, दोनों ही हिस्सों में अनेक स्थानों पर बारिश दर्ज की गई और सुबह 8:30 बजे तक पिछले 24 घंटे के भीतर कई जिलों में अच्छी बरसात हुई.
चीनी के क्यों बढ़े दाम? एथनॉल या कुछ और है वजह, एक्स्पर्ट्स ने बताई पूरी बात
देश में चीनी की बढ़ती कीमतों के लिए एथनॉल मिश्रण को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है, लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि गन्ने की खेती का रकबा घटने और कम उत्पादन मुख्य कारण हैं।
साल 2008 में आई फिल्म दशावतारम का गाना मुकुंदा मुकुंदा आज भी जन्माष्टमी पर हर घर में गूंजती है. इस गाने के जरिए फिल्म में भगवान विष्णु के 10 अलग अलग अवतारों को कठपुतली के जरिए दिखाया गया था.
रक्षाबंधन-जन्माष्टमी से पहले खाद्य विभाग का छापा... 400 किलो संदिग्ध मावा नष्ट
रक्षाबंधन और जन्माष्टमी से पहले बागपत में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन ने मिलावटखोरी के खिलाफ अभियान तेज कर दिया है. जिले के अलग-अलग इलाकों में मावे की भट्टियों और खाद्य प्रतिष्ठानों पर छापेमारी की गई. कार्रवाई के दौरान करीब 400 किलो मावा और संदिग्ध पनीर मिला. मानकों पर खरा नहीं उतरने वाली सामग्री नष्ट कराई गई, जबकि सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं.
Orris Infrastructure के MD Amit Gupta गिरफ्तार, धोखाधड़ी मामले में मुंबई पुलिस की कार्रवाई
गोदरेज प्रॉपर्टीज लिमिटेड की शिकायत पर दर्ज कथित जालसाजी, धोखाधड़ी, आपराधिक विश्वासघात और साजिश के मामले में ओरीस इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड के प्रबंध निदेशक अमित गुप्ता को मुंबई पुलिस ने गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि यह मामला गुरुग्राम के सेक्टर 85 स्थित ‘गोदरेज एयर’ परियोजना से जुड़े विवाद का है, जिसमें गोदरेज प्रॉपर्टीज और ओरीस साझेदार थी। एक अधिकारी ने बताया, ‘‘मुंबई पुलिस ने 17 मार्च को विक्रोली थाने में दर्ज प्राथमिकी के संबंध में गुप्ता को अमृतसर से गिरफ्तार किया। उन्हें 27 अगस्त तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है।’’प्राथमिकी के अनुसार, गोदरेज प्रॉपर्टीज ने आरोप लगाया कि फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल कर कंपनी रजिस्ट्रार के पास दाखिल वैधानिक रिकॉर्ड में अनधिकृत बदलाव किए गए। प्राथमिकी में जालसाजी, धोखाधड़ी, आपराधिक विश्वासघात, जाली दस्तावेजों के इस्तेमाल और आपराधिक साजिश से संबंधित भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की कई धाराएं लगाई गई हैं। ओरीस गुरुग्राम स्थित कंपनी है और इसका कॉरपोरेट कार्यालय गुरुग्राम के डीएलएफ फेज-2 में है। घटनाक्रम पर कंपनी की ओर से फिलहाल कोई प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी। गुरुग्राम के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि जुलाई में खेड़की दौला थाने में भूमि से जुड़े विवाद के मामले में दर्ज प्राथमिकी के संबंध में पुलिस गुप्ता की गिरफ्तारी का प्रयास कर रही थी। गुप्ता की गिरफ्तारी के बाद गुरुग्राम में ओरीस की ग्रीनोपोलिस परियोजना के करीब 1,650 आवास खरीदारों की परेशानी एक बार फिर चर्चा में आ गई है, जो वर्षों से अपने घरों पर कब्जा मिलने का इंतजार कर रहे हैं। खरीदारों का दावा है कि निर्माण कार्य रुकने से पहले कई परिवारों ने बिक्री मूल्य की बड़ी राशि का भुगतान कर दिया था। इसके बावजूद उन्हें अब तक घर नहीं मिले हैं और वे लगातार वित्तीय बोझ उठा रहे हैं।
पति भी चाहिए और प्रेमी भी... यूपी की इस महिला ने रख दी अजब डिमांड, थाने पहुंचा मामला
पति, पत्नी और पत्नी के प्रेमी के बीच साथ रहने को लेकर विवाद महमूदाबाद थाने पहुंच गया, जहां पुलिस ने समझौता कराने की कोशिश की लेकिन तीनों अपनी-अपनी बात पर अड़े रहे.
खाने की चीजों को मीठा बनाने वाली चीनी के बढ़ते दामों ने लोगों का स्वाद बिगाड़ दिया है. साथ ही इस पर सियासत भी तेज हो गई. छत्तीसगढ़ में भाजपा और कांग्रेस एथनॉल-गन्ने पर किसानों को दी जाने वाली MSP को लेकर आमने-सामने हैं.
मुंबई में गणपति बप्पा की प्रतिमा गिरी, 2 की मौत, 5 घायल
मुंबई के भुलेश्वर इलाके में गणेश आगमन समारोह के दौरान शनिवार रात ‘भुलेश्वर चा राजा’ की प्रतिमा गिरने से बड़ा हादसा हो गया। घटना में दो लोगों की मौत हो गई और पांच लोग घायल हुए हैं, जिनमें 5 और 7 साल की दो बच्चियां शामिल हैं।
क्या अब सस्ती होगी चीनी, सरकार ने उठाया बड़ा कदम, यहां से आ रही शकर की खेप
देश में चीनी की बढ़ती कीमतों के बीच ब्राजील से आने वाली खेप राहत दे सकती है। राष्ट्रीय सहकारी चीनी कारखाना महासंघ (NFCSF) के प्रमुख प्रकाश नाइकनवारे ने आज कहा कि चीनी की कुछ खेप 15 अक्टूबर से पहले भारत पहुंच सकती हैं, लेकिन इस समय यह अनुमान लगाना ...
Ratlam में पिकनिक के दौरान हादसा: 2 टीचर और एक छात्र की डूबने से मौत
मध्यप्रदेश के रतलाम शहर के पास रविवार को एक पिकनिक स्थल पर पानी से भरे कुंड में डूबने से दो शिक्षकों और एक छात्र की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य विद्यार्थियों को बचाकर अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने यह जानकारी दी। नगर पुलिस अधीक्षक (सीएसपी) सत्येंद्र घनघोरिया ने बताया कि जावरा कस्बे के एक निजी विद्यालय के चार शिक्षकों और 13 विद्यार्थियों का दल रतलाम शहर से 11 किलोमीटर दूर पैराडाइज वैली में पिकनिक मनाने आया था। उन्होंने बताया कि इस जगह झरने के नीचे पानी से भरे कुंड में नहाने के दौरान दल में शामिल कुछ लोग डूबने लगे। घनघोरिया ने बताया कि मौके पर मौजूद लोगों ने तीन विद्यार्थियों को समय रहते बाहर निकाल लिया, जबकि दो शिक्षकों और एक छात्र की पानी में डूबने से मौत हो गई। सीएसपी के अनुसार मृतकों की पहचान विजय सिंह (52), प्रिंस मोदी (28) और हर्षित पाटीदार (15) के रूप में हुई है। घनघोरिया ने बताया कि बचाए गए एक छात्र और दो छात्राओं को उपचार के लिए नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया। पुलिस ने मामला दर्ज करके हादसे की जांच शुरू कर दी है।
किरेन रिजिजू ने नदी में लगा दी छलांग, बोले- मैं यहां का खिलाड़ी हूं; राहुल गांधी पर कसा तंज
किरेन रिजिजू ने अरुणाचल प्रदेश की नदी में तैरते हुए वीडियो पोस्ट शेयर किया। उन्होंने लिखा, ‘कई लोग कह रहे हैं कि मैं भी राहुल गांधी की तरह यह सब कर रहा हूं। हो सकता है कि राहुल जी ऐसी गतिविधियों के लिए ट्रेनिंग लेते हों।’
हर महीने बन रहा एक 'न्यूयॉर्क'... ऐसी दुनिया बिगाड़ न दे पृथ्वी की सेहत?
दुनिया में जितनी तेजी से आबादी बढ़ रही है, उतनी ही तेजी से कंस्ट्रक्शन भी बढ़ रहा है. लेकिन यही कंस्ट्रक्शन क्लाइमेट के लिए भी खतरनाक साबित हो सकता है.
अडानी की डीके शिवकुमार से मुलाकात पर भड़की भाजपा, बोली- ये तो डबल स्टैंडर्ड है
सूत्रों के अनुसार, अदाणी 'आर्ट ऑफ लिविंग' गए थे और हवाई अड्डा लौटते समय सदाशिवनगर स्थित मुख्यमंत्री आवास पर शिवकुमार से मिले। मुख्यमंत्री कार्यालय ने भी इसे एक शिष्टाचार भेंट बताया। यह मुलाकात हेब्बाल से सिल्क बोर्ड तक प्रस्तावित सुरंग सड़क परियोजना के बीच हुई है।
बिहार सरकार ने परीक्षा सुधार के लिए बनाई कमेटी, पेपर लीक पर लगेगी लगाम
बिहार सरकार ने प्रतियोगी परीक्षाओं की व्यवस्था को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने के लिए 5 सदस्यीय विशेष समिति बनाई गई है. इस समिति की अध्यक्षता उच्चतम न्यायालय या उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त या सेवारत जज करेंगे. ये समिति पेपर लीक, नकल और अन्य गड़बड़ियों को रोकने के उपायों की समीक्षा करेगी.
'इंग्लैंड का कोच बनता तो पत्नी तलाक दे देती', इस दिग्गज का खुलासा
जस्टिन लैंगर ने इंग्लैंड का हेड कोच बनने से जुड़े सवाल का दिलचस्प अंदाज में जवाब दिया. ऑस्ट्रेलियाई दिग्गज ने कहा कि अगर वह यह नौकरी स्वीकार करते तो उनकी पत्नी उन्हें तलाक दे देतीं और दोस्त भी उनका साथ छोड़ देते.
CM Mohan Yadav ने Rewa और शहडोल में बाढ़ राहत और चिकित्सा शिविर लगाने के दिए निर्देश
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने रविवार को रीवा-शहडोल संभाग में अत्यंत भारी बारिश से उपजे हालातों और जारी राहत कार्यों की समीक्षा की तथा अधिकारियों को प्रभावितों को तत्काल सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। बैठक में मुख्यमंत्री ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत शिविरों में सभी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने और सभी गांव व नगरीय क्षेत्रों के वार्डों में विशेष चिकित्सा शिविर लगाने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने संवाददाताओं से बातचीत के दौरान कहा कि यदि लोगों का खाने पीने का सामान, घर इत्यादि नष्ट हो गए हों तो उन्हें तत्काल सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। बैठक में उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल और मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल भी उपस्थित थे। यादव ने कहा, सरकार सभी बाढ़ प्रभावितों के साथ खड़ी है। हम जान-माल-मवेशी सबकी सुरक्षा सुनिश्चित करेंगे। राहत एवं बचाव कार्य जारी हैं। बाढ़ से प्रभावित किसी भी व्यक्ति को कोई परेशानी नहीं होने दी जाएगी। बाद में एक बयान में मुख्यमंत्री ने कहा कि राहत शिविरों में समुचित मात्रा में खाद्य सामग्री, पीने के पानी और चिकित्सा सुविधाएं सुनिश्चित की जा रही हैं और साफ-सफाई का भी विशेष ध्यान रखा जा रहा है। उन्होंने अधिकारियों से कहा, जहां बाढ़ का पानी उतर गया है, वहां प्रशासनिक टीम भेजें। लोगों को खाने-पीने की किसी भी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए। मुख्यमंत्री यादव ने कहा कि पीने के पानी की शुद्धता के लिए सभी जल स्रोतों व हैंडपंपों में ब्लीचिंग पाउडर इत्यादि से ‘क्लोरिनेशन’ कराए जाएंगे। उन्होंने कहा कि ऐसे सभी गांव और नगरीय क्षेत्र के वार्डों में जहां बाढ़ का प्रकोप रहा है, वहां विशेष चिकित्सा एवं उपचार शिविर आयोजित किए जाएंगे। मुख्यमंत्री यादव ने अधिकारियों को गौशालाओं इत्यादि में पशुओं के खाने-पीने एवं चारे की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने और यदि फसल क्षति की सूचना हो, तो वहां तत्काल सर्वे कराने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि यदि बुवाई वगैरह प्रारंभिक अवस्था में हो, तो उसके नष्ट होने पर किसानों को बीज इत्यादि की व्यवस्था की जाए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वे स्थानीय परिस्थितियों पर भी सतत् निगरानी रखें और आवश्यकतानुसार त्वरित कार्रवाई करें तथा राहत एवं बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की कमी न रखें। उल्लेखनीय है कि मध्यप्रदेश के पूर्वी हिस्से में लगातार हो रही बारिश से कई जिलों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं और नर्मदा, मंदाकिनी समेत कई नदियां उफान पर हैं। राज्य के डिंडोरी, पन्ना, रीवा, सतना, जबलपुर और छतरपुर में बारिश का सबसे ज्यादा असर देखने को मिल रहा है। कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है। हालात को देखते हुए प्रशासन ने राहत और बचाव अभियान तेज कर दिया है। रीवा जिले में बाढ़ की स्थिति सबसे गंभीर बताई जा रही है।
कंगना के 'सस्ती कॉपी' वाले तंज पर तापसी का जवाब, लिखी ये बात
एक्टर-पॉलिटिशियन कंगना रनौत के 'सस्ती कॉपी' वाले कमेंट (जिसे बाद में डिलीट कर दिया गया था) के बाद, एक्ट्रेस तापसी पन्नू ने सोशल मीडिया पर एक रहस्यमयी कैप्शन शेयर किया.
त्योहारी सीजन से पहले महंगाई की मार, चीनी-दाल-चावल से लेकर सब्जियों तक बढ़े दाम
त्योहारी सीजन से पहले चीनी, दाल, चावल, प्याज और सब्जियों के दाम बढ़े। जानें पिछले एक महीने में खाद्य वस्तुओं की कीमतों में कितना इजाफा हुआ।
रूखे-फीके आलू छोड़िए, व्रत में मूंगफली डालकर बनाएं चटपटी आलू भुजिया
Sawan Last Monday: कल सावन के आखिरी सोमवार पर अगर आप व्रत रख रहे हैं और उपवास के दौरान सादे आलू की जगह कुछ अलग बनाना चाहते हैं तो मूंगफली-हरी मिर्च के तड़के वाली आलू भुजिया जरूर बनाएं. ये खाने में टेस्टी होने के साथ ही बनाने में भी सिंपल है.
देश में बढ़ रहे कला के कद्रदान, कम चर्चित कलाकृतियों पर भी करोडों की बोली
भारतीय कला बाजार में तेजी से बदलाव आ रहा है, जहाँ अब कम चर्चित कलाकारों की कृतियों को भी करोड़ों की बोली मिल रही है।
वंदे मातरम् पर फैला भ्रम, गायन से सम्मान तक क्यों है जरूरी? Inside Story
भाजपा और कांग्रेस के बीच वंदे मातरम् के गायन पर विवाद के बीच, 1971 का राष्ट्रीय गौरव अपमान निरोधक कानून सम्मान के स्पष्ट प्रावधान बताता है।
सारण में बर्थडे पार्टी में डांस करने गई आर्केस्ट्रा की नर्तकी से गैंगरेप
सारण। बिहार में सारण जिले के अमनौर थाना क्षेत्र में रविवार को एक आर्केस्ट्रा में नर्तकी का काम करने वाली एक महिला से सामूहिक बलात्कार का मामला सामने आया है। इस मामले में पीड़ित नर्तकी ने अमनौर थाना पुलिस को दिए गए आवेदन में कहा है कि वह शनिवार की देर शाम को एक जन्मदिन […] The post सारण में बर्थडे पार्टी में डांस करने गई आर्केस्ट्रा की नर्तकी से गैंगरेप appeared first on Sabguru News .
Raj Kumar Shukla जयंती पर CM Samrat Choudhary ने दी श्रद्धांजलि, स्मारिका का विमोचन
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने रविवार को स्वतंत्रता सेनानी राज कुमार शुक्ल की 151वीं जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि दी। बिहार विधान परिषद परिसर में आयोजित कार्यक्रम में 1917 के चंपारण सत्याग्रह के पीछे की प्रमुख प्रेरक शक्तियों में से एक माने जाने वाले शुक्ल को याद किया गया। चौधरी ने कहा, ‘‘राज कुमार शुक्ल के अथक प्रयासों के कारण मोहनदास करमचंद गांधी बिहार के चंपारण में आए और किसानों को अंग्रेजों के अत्याचारों से मुक्ति दिलाने के लिए ऐतिहासिक सत्याग्रह का नेतृत्व किया।’’उन्होंने कहा, ‘‘चंपारण सत्याग्रह ने भारत के स्वतंत्रता आंदोलन को नई दिशा दी और ब्रिटिश शासन के खिलाफ संघर्ष को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।’’मुख्यमंत्री ने कहा कि युवा पीढ़ी को चंपारण सत्याग्रह में राज कुमार शुक्ल के योगदान से अवगत कराया जाएगा। इस अवसर पर चौधरी ने स्मारिका ‘शुक्ल शौर्य’ का विमोचन किया। उन्होंने कला एवं संगीत के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए गायिका कल्पना पटवारी को पंडित राज कुमार शुक्ल कला शिखर पुरस्कार प्रदान किया।
केंद्रीय मंत्रियों के बंगलों के रेनोवेशन पर खर्च हुए 92 करोड़, RTI में खुलासा
दिल्ली के लुटियंस बंगला जोन में केंद्रीय मंत्रियों के सरकारी आवासों की मरम्मत और रखरखाव पर 2025-26 में रिकॉर्ड 92.35 करोड़ रुपये खर्च हुए. 2014-15 से 2025-26 के बीच इस पर कुल 547.68 करोड़ रुपये खर्च किए गए. RTI के मुताबिक, बढ़ते खर्च की वजह महंगाई और पुराने बंगलों के रखरखाव की बढ़ती लागत बताई गई है. 2025-26 में प्रति मंत्री औसत खर्च करीब 1.2 करोड़ रुपये रहा.
करियर में चाहिए प्रमोशन और सैलरी हाइक? उत्तर दिशा में रख लें यह एक चीज, खुलेंगे तरक्की के नए द्वार
कड़ी मेहनत और प्रतिभा के बावजूद यदि आपको अपने करियर में मनचाहा प्रमोशन या सैलरी हाइक नहीं मिल पा रहा है, तो वास्तु शास्त्र के अनुसार इसका एक बड़ा कारण आपके घर या कार्यस्थल का ऊर्जा संतुलन हो सकता है। वास्तु शास्त्र में हर दिशा का संबंध एक विशिष्ट तत्व और देवता से होता है। जब सही दिशा में सकारात्मक ऊर्जा को सक्रिय (Activate) किया जाता है, तो पेशेवर जीवन में अटके हुए काम बनने लगते हैं और नए अवसरों के रास्ते खुलते हैं।उत्तर दिशा का महत्व: धन और करियर के देवता कुबेर का स्थानवास्तु शास्त्र में उत्तर दिशा (North Zone) को सबसे शुभ और शक्तिशाली दिशाओं में से एक माना गया है। यह दिशा धन के अधिपति भगवान कुबेर और बुध ग्रह (बुद्धि व व्यापार के कारक) से संबंधित है। इसके अलावा, उत्तर दिशा का मुख्य तत्व 'जल' (Water Element) है। जब यह दिशा संतुलित और ऊर्जावान रहती है, तो यह कार्यक्षेत्र में नए क्लाइंट्स, बेहतर जॉब ऑफर्स, पदोन्नति (Promotion) और निरंतर वित्तीय प्रवाह (Cash Flow) को आकर्षित करती है।उत्तर दिशा में क्या रखें? यह एक चीज बदल सकती है भाग्यउत्तर दिशा के जल तत्व को सक्रिय करने के लिए सबसे चमत्कारी वस्तु बहते पानी का छोटा फव्वारा (Indoor Water Fountain) या साफ कांच के पात्र में ताजा पानी माना जाता है।वॉटर फाउंटेन (Water Fountain): उत्तर दिशा में एक छोटा, शांत और निरंतर बहता हुआ फाउंटेन लगाने से करियर में ठहराव दूर होता है। बहता पानी पेशेवर जीवन में नए अवसरों के निरंतर प्रवाह और धन के आगमन का प्रतीक है।अन्य असरदार विकल्प: यदि फाउंटेन लगाना संभव न हो, तो आप नीले या हरे रंग के फूलदान में ताजा पानी, एक हरा मनी प्लांट (Money Plant), या भगवान कुबेर की प्रतिमा/कुबेर यंत्र स्थापित कर सकते हैं।वॉटर एलिमेंट रखते समय इन बातों का रखें विशेष ध्यानउत्तर दिशा में जल तत्व की स्थापना करते समय कुछ नियमों का पालन करना बेहद जरूरी है:पानी हमेशा साफ रखें: फाउंटेन या पात्र में पानी हमेशा स्वच्छ और ताजा होना चाहिए। रुका हुआ, गंदा या दुर्गंधयुक्त पानी करियर में रुकावटें पैदा कर सकता है।पानी का बहाव: फाउंटेन के पानी का बहाव हमेशा कमरे या घर के अंदर की तरफ होना चाहिए, मुख्य दरवाजे या बाहर की ओर नहीं।इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स से दूरी: सुरक्षा और वास्तु संतुलन के लिहाज से इसे सीधे लैपटॉप, हीटर या भारी बिजली के तारों के पास न रखें।उत्तर दिशा में क्या रखने से बचें?वास्तु विशेषज्ञों के अनुसार, उत्तर दिशा को हमेशा हल्का, साफ-सुथरा और खुला रखना चाहिए। इस क्षेत्र में भारी कबाड़, टूटे-फूटे सामान, डस्टबिन, लाल/गहरे भूरे रंग के भारी पर्दे या अग्नि तत्व से जुड़ी चीजें (जैसे हीटर या लाल मोमबत्तियां) रखने से बचें। ये चीजें सकारात्मक ऊर्जा के प्रवाह को अवरुद्ध कर देती हैं।कार्यस्थल पर बैठने की सही दिशायदि आप वर्क फ्रॉम होम कर रहे हैं या ऑफिस में बैठते हैं, तो काम करते समय अपना मुख उत्तर (North) या पूर्व (East) दिशा की ओर रखें। अपनी कुर्सी के पीछे एक ठोस दीवार का होना आवश्यक माना जाता है, जो कार्यक्षेत्र में स्थिरता और वरिष्ठ अधिकारियों के मजबूत समर्थन का प्रतीक है। इन सरल वास्तु उपायों को अपनाकर आप अपने कार्यक्षेत्र की ऊर्जा को सकारात्मक बना सकते हैं।
7 घंटे घर में ही रहे, खाना खाया, नहाए... बांग्लादेश में हत्या करने वालों का कबूलनामा
बांग्लादेश के एक हिंदू परिवार के चार सदस्यों की हत्या के मामले में पुलिस ने खुलासा किया है. आरोपी तकरीबन 6 से 7 घंटे तक घर में छिपे रहे. उन्होंने मर्डर के बाद घर में खाना-पीना खाया. नहाने के बाद वे घर से चले गए. पुलिस ने दो चचेरे भाइयों को हिरासत में लिया है, जिन्होंने हत्या की बात कबूल की है.
भारत और श्रीलंका के बीच कोलंबो में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट मैच के पहले दिन भारतीय सलामी बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल और श्रीलंकाई तेज गेंदबाज असिथा फर्नांडो के बीच हुई तीखी नोकझोंक ने बड़ा तूल पकड़ लिया है। 45 रन पर आउट होने के बाद फर्नांडो द्वारा दिए गए आक्रामक सेंड-ऑफ और उसके बाद दोनों खिलाड़ियों के बीच हुए शारीरिक टकराव (हेलमेट टकराने) के चलते अब यह मामला इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) की अनुशासनात्मक निगरानी में आ चुका है। इस घटना के बाद सोशल मीडिया और क्रिकेट गलियारों में सवाल उठ रहे हैं कि क्या भारतीय युवा ओपनर पर बैन का खतरा मंडरा रहा है।कोलंबो टेस्ट में क्या हुआ था पूरा विवाद?यह घटना भारतीय पारी के 17वें ओवर में घटी। ओवर की शुरुआत में यशस्वी जायसवाल ने फर्नांडो की गेंदों पर आक्रामक रुख अपनाते हुए चौके जड़े, लेकिन ओवर की आखिरी गेंद बल्ले का अंदरूनी किनारा लेकर सीधे स्टंप्स से जा टकराई। विकेट गिरने के बाद फर्नांडो ने काफी आक्रामक अंदाज में जश्न मनाते हुए जायसवाल को सेंड-ऑफ दिया।पवेलियन लौटने के बजाय यशस्वी पलटकर गेंदबाज की तरफ बढ़े। दोनों खिलाड़ी एक-दूसरे के बेहद करीब आ गए और इस दौरान उनके बीच शब्दों के आदान-प्रदान के साथ-साथ शारीरिक संपर्क (हेड-बट जैसी स्थिति) देखने को मिला। साथी बल्लेबाजों और मैदानी अंपायरों को तुरंत बीच-बचाव कर मामले को शांत कराना पड़ा।क्या कहता है ICC का कोड ऑफ कंडक्ट और बैन का नियम?आईसीसी की आचार संहिता (Code of Conduct) में मैदान पर होने वाली आक्रामकता और शारीरिक संपर्क से निपटने के लिए बेहद कड़े प्रावधान तय किए गए हैं:आर्टिकल 2.12 और 2.18: यह नियम अंतरराष्ट्रीय मैच के दौरान किसी खिलाड़ी, अंपायर या मैच अधिकारी के साथ अनुचित शारीरिक संपर्क (Inappropriate Physical Contact) या शारीरिक हमले से संबंधित है।लेवल-1 और लेवल-2 उल्लंघन: यदि मैच रेफरी इसे केवल मैदान की तात्कालिक गर्मागर्मी (Level 1) मानते हैं, तो 50% से 100% मैच फीस का जुर्माना और 1 से 2 डिमेरिट अंक दिए जाते हैं। यदि इसे जानबूझकर किया गया आक्रामक शारीरिक टकराव (Level 2) माना जाता है, तो खिलाड़ी को 3 से 4 डिमेरिट अंक मिल सकते हैं।बैन का गणित: आईसीसी के नियमों के तहत किसी खिलाड़ी को 24 महीने के चक्र (Rolling 24-month period) में 4 डिमेरिट अंक पूरे होने पर 1 टेस्ट मैच या 2 वनडे/टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों के लिए सस्पेंड किया जाता है।क्या वाकई यशस्वी जायसवाल पर लगेगा बैन?यशस्वी जायसवाल के खाते में पिछले 24 महीनों के दौरान कोई पुराना डिमेरिट अंक दर्ज नहीं है। ऐसे में उन पर निलंबन (Ban) केवल उसी सूरत में लग सकता है जब मैच रेफरी इस घटना को अत्यधिक गंभीर यानी लेवल-2 का गंभीर अपराध (जिसमें 4 पूरे डिमेरिट अंक मिलें) या लेवल-3 श्रेणी में दर्ज करें।यदि मैच रेफरी और अंपायर इसे आपसी कहासुनी और हल्का संपर्क मानते हैं, तो दोनों खिलाड़ियों (जायसवाल और असिथा फर्नांडो) पर मैच फीस की कटौती और 1 से 2 डिमेरिट अंक देकर चेतावनी जारी की जा सकती है।क्रिकेट जानकारों और पुराने वाकयों से सीखक्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि यशस्वी जायसवाल भारतीय टीम के प्रमुख स्तंभ हैं और आगामी महत्वपूर्ण दौरों को देखते हुए उन्हें अपने एग्रेशन को नियंत्रित रखने की जरूरत है। पूर्व में घरेलू क्रिकेट (दलीप ट्रॉफी 2022) के दौरान भी मैदान पर अत्यधिक स्लेजिंग के चलते कप्तान द्वारा उन्हें मैदान से बाहर भेजने और मैच रेफरी द्वारा कार्रवाई की चेतावनी दिए जाने जैसी स्थितियां सामने आ चुकी हैं। मैच अधिकारियों की अंतिम रिपोर्ट और वीडियो फुटेज की समीक्षा के बाद ही आईसीसी के फैसले की आधिकारिक तस्वीर पूरी तरह साफ होगी।
ऑपरेशन सिंदूर में तबाह हुए जैश-ए-मोहम्मद के बहावलपुर मुख्यालय के दोबारा निर्माण का दावा सामने आया है। रिपोर्टों में पाकिस्तान से 25 करोड़ पाकिस्तानी रुपये की मदद की बात कही गई है।
देवों के देव महादेव और नागों का संबंध अनादि काल से माना जाता है। भगवान शिव के गले में वासुकी नाग का वास हमेशा से भक्तों के लिए श्रद्धा का केंद्र रहा है। लेकिन मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले से एक ऐसा हैरान कर देने वाला और अलौकिक वाकया सामने आता रहा है, जिसे देखकर कोई भी दांतों तले उंगली दबा ले। यहां सावन के पावन महीने में केवल इंसान ही नहीं, बल्कि जहरीले सांप और नाग-नागिन का जोड़ा भी बाकायदा भगवान भोलेनाथ की आरती में शामिल होने के लिए मंदिर के गर्भगृह तक पहुंच जाता है।शंख और घंटी की आवाज सुनते ही खिंचे चले आते हैं नाग देवतास्थानीय ग्रामीणों और मंदिर के पुजारियों के अनुसार, यह कोई एक दिन की घटना नहीं है बल्कि पिछले कई वर्षों से सावन के दौरान यह सिलसिला लगातार देखा जा रहा है। जैसे ही शाम को मंदिर में संध्या आरती का समय होता है और शंख, घड़ियाल तथा घंटों की गूंज वातावरण में फैलती है, पास की झाड़ियों या बिलों से नाग-नागिन का जोड़ा रेंगते हुए सीधे मंदिर की ओर बढ़ने लगता है।सांप बिना किसी को नुकसान पहुंचाए शांत भाव से शिवलिंग की परिक्रमा करते हैं और कई बार फन फैलाकर शिवलिंग के समीप ऐसे बैठ जाते हैं मानो वे पूरी तन्मयता से महादेव की आरती का हिस्सा बन रहे हों।भक्तों में नहीं कोई खौफ, अटूट आस्था का अद्भुत नजाराआमतौर पर जहरीले सांपों को देखते ही लोगों में दहशत का माहौल बन जाता है और लोग भागने लगते हैं। हालांकि, इस मंदिर में दृश्य बिल्कुल विपरीत होता है। स्थानीय श्रद्धालुओं का कहना है कि नाग-नागिन का यह जोड़ा मंदिर परिसर में मौजूद सैकड़ों श्रद्धालुओं के बीच से होकर गुजरता है, लेकिन उन्होंने आज तक किसी भी भक्त या जीव को कोई नुकसान नहीं पहुंचाया है।आरती समाप्त होने और प्रसाद वितरण के बाद यह जोड़ा धीरे-धीरे अपनी जगह वापस लौट जाता है। श्रद्धालु इसे भगवान शिव का प्रत्यक्ष चमत्कार और नाग देवता की अनन्य भक्ति मानकर पूरी श्रद्धा से नमन करते हैं।सावन के बाद रहस्यमयी तरीके से ओझल हो जाता है जोड़ाइस मंदिर की सबसे रहस्यमयी बात यह है कि नाग-नागिन की यह नियमित उपस्थिति मुख्य रूप से केवल सावन के महीने में ही देखने को मिलती है। सावन का महीना समाप्त होते ही यह जोड़ा मंदिर परिसर से अपने आप ओझल हो जाता है और फिर अगले साल सावन के दिनों में ही दिखाई देता है। इस चमत्कारी दृश्य को अपनी आंखों से देखने के लिए सावन के सोमवार और नागपंचमी के मौके पर दूर-दराज के क्षेत्रों से हजारों की संख्या में श्रद्धालु यहां दर्शन और जलाभिषेक करने के लिए पहुंचते हैं।वैज्ञानिक दृष्टिकोण बनाम आस्था का विश्वासजीव विज्ञानियों और वन्यजीव विशेषज्ञों का मानना है कि बारिश और सावन के मौसम में बिलों में पानी भरने और भोजन की तलाश में सांप अक्सर बाहर निकलते हैं तथा कई बार मंदिर के शांत या ठंडे फर्श पर शरण लेते हैं।इसके उलट, स्थानीय भक्तों और सनातन परंपरा में विश्वास रखने वालों का दृढ़ मत है कि ध्वनि और कंपन से भागने वाले संवेदनशील सरीसृप यदि तेज आरती और भीड़ के बीच शांति से शिवलिंग के पास बैठ रहे हैं, तो यह केवल विज्ञान नहीं बल्कि महादेव के प्रति जीवों के आत्मिक समर्पण और अलौकिक शिव भक्ति का साक्षात प्रमाण है।
Tamil Nadu के मंत्री R Nirmal Kumar ने विधायकों को सरकारी कार देने के फैसले का बचाव किया
तमिलनाडु के मंत्री आर. निर्मल कुमार ने सभी विधायकों को सरकारी कार और उससे जुड़े भत्ते देने के राज्य सरकार के फैसले का रविवार को बचाव किया और कहा कि विपक्षी विधायक इन वाहनों को इसलिए ठुकरा रहे हैं, क्योंकि वे इसे “छोटा लक्ष्य” मानते हैं। मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने विधानसभा में घोषणा की थी कि प्रत्येक विधायक को सरकारी कार दी जाएगी। इसके अलावा ईंधन और रखरखाव के लिए हर महीने 75,000 रुपये तथा सहायक के खर्च के लिए 25,000 रुपये का भत्ता दिया जाएगा। ऊर्जा संसाधन एवं कानून मंत्री कुमार ने दावा किया, “जो लोग विधायक बनने के लिए 30 या 40 करोड़ रुपये खर्च कर चुके हैं, उनके लिए एक कार कोई बड़ी बात नहीं है। उनके लिए यह छोटा लक्ष्य है।”उन्होंने सभी 234 विधायकों को सरकारी वाहन और भत्ते देने के फैसले का बचाव किया। इससे सरकार पर करीब 200 करोड़ रुपये का अतिरिक्त खर्च आने का अनुमान है। अब तक द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक), पट्टाली मक्कल कच्ची (पीएमके) और भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) के विधायकों ने राज्य पर बढ़ते कर्ज का हवाला देते हुए सरकार की ओर से दिए जाने वाले वाहन और भत्ते लेने से इनकार किया है। कुमार ने कहा कि नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों के लिए अपने विधानसभा क्षेत्रों का दौरा करने और लोगों की समस्याओं को सीधे समझने के लिए सरकारी वाहन जरूरी हैं। मुथंगुलम गांव में पत्रकारों से बातचीत में मंत्री ने सरकारी कारों का विरोध करने वाले विपक्षी नेताओं पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कई मौजूदा और पूर्व विधायकों के पास कई निजी वाहन हैं, लेकिन वे दूरदराज के गांवों में शायद ही कभी जाते हैं। उन्होंने सवाल किया, “अगर कोई निर्वाचित प्रतिनिधि पांच या दस साल तक अपने क्षेत्र के किसी गांव में कदम ही नहीं रखता, तो उसके पास 10 या 15 निजी कारें होने का क्या फायदा है?”उन्होंने विपक्ष के इस आरोप को भी खारिज किया कि राज्य सरकार विपक्षी विधायकों और पूर्व मंत्रियों से बदला ले रही है। कुमार ने कहा, “लोगों ने उन्हें वोट न देकर पहले ही उनसे बदला ले लिया है। इसलिए उनके खिलाफ बदला लेने की कोई जरूरत नहीं है। अगर भ्रष्टाचार है या कोई गलत काम हुआ है तो निश्चित रूप से कार्रवाई की जाएगी।”उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार के मामलों और कानूनी कार्रवाई में ठोस सबूतों और अदालत के निर्देशों का सख्ती से पालन किया जाता है। मंत्री ने मुथंगुलम गांव के लिए नई सरकारी बस सेवा को रवाना करने के दौरान ये बातें कहीं। यह गांव तिरुप्पुवनम विधानसभा क्षेत्र में आता है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक परिवहन की कमी के कारण पहले 250 से अधिक परिवारों को गांव छोड़कर जाना पड़ा था। उन्होंने यह भी कहा कि सुरक्षा और आवागमन की समस्याओं के कारण कई छात्राओं ने आठवीं कक्षा के बाद पढ़ाई छोड़ दी थी। कुमार ने मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के मदुरै के तत्काल दौरे की खबरों को भी खारिज किया। उन्होंने कहा कि विधानसभा का सत्र चल रहा है और मुख्यमंत्री के मदुरै दौरे का अभी कोई कार्यक्रम तय नहीं हुआ है।
दिल्ली-NCR में CNG ऑटो का दौर खत्म: जानिए कब से बंद होंगे नए रजिस्ट्रेशन और सिर्फ ई-ऑटो का होगा राज
राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (Delhi-NCR) में जहरीली हवा और हर साल सर्दियों में गहराने वाले वायु प्रदूषण के संकट से निपटने के लिए एक बड़ा नीतिगत बदलाव होने जा रहा है। कभी प्रदूषण से राहत के लिए सीएनजी (CNG) को सबसे स्वच्छ ईंधन मानकर बढ़ावा दिया गया था, लेकिन अब राजधानी और आसपास के शहरों में सीएनजी ऑटो रिक्शा का दौर धीरे-धीरे समाप्त करने की रूपरेखा तैयार कर ली गई है। वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) और दिल्ली सरकार की ईवी नीतियों के तहत आने वाले वर्षों में नए सीएनजी ऑटो का पंजीकरण बंद कर केवल 100% इलेक्ट्रिक ऑटो (E-Auto) को ही सड़कों पर उतारने की रणनीति पर काम शुरू हो चुका है।चरणबद्ध तरीके से बंद होंगे सीएनजी ऑटो के नए रजिस्ट्रेशनप्रदूषण नियंत्रण के लिए तैयार किए गए विस्तृत रोडमैप के अनुसार, यह बदलाव एक झटके में नहीं बल्कि चरणबद्ध (Phased) तरीके से लागू किया जाएगा:दिल्ली में शुरुआत: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में सबसे पहले नए सीएनजी ऑटो रिक्शा के रजिस्ट्रेशन पर पूरी तरह रोक लगाने की तैयारी है, जिसके बाद केवल ई-ऑटो के ही नए परमिट और पंजीकरण जारी होंगे।हाई व्हीकल डेंसिटी (HVD) जिले: दिल्ली के बाद एनसीआर के पांच सबसे व्यस्त शहरों—नोएडा (गौतम बुद्ध नगर), गाजियाबाद, गुरुग्राम, फरीदाबाद और सोनीपत—में सीएनजी ऑटो के नए पंजीकरण को प्रतिबंधित किया जाएगा।शेष एनसीआर क्षेत्र: इसके अगले चरण में एनसीआर के बाकी जिलों (जैसे मेरठ, पानीपत, रोहतक, अलवर आदि) में भी गैर-इलेक्ट्रिक थ्री-व्हीलर के रजिस्ट्रेशन पर पाबंदी लगाकर पूरे रीजन को ई-मोबिलिटी नेटवर्क से जोड़ा जाएगा।सीएनजी से ई-ऑटो की तरफ क्यों बढ़ रही है सरकार?सीएनजी पारंपरिक पेट्रोल और डीजल की तुलना में कम धुआं छोड़ती है, लेकिन वायु गुणवत्ता विशेषज्ञों और टेरी (TERI) के अनुसंधानों से स्पष्ट हुआ है कि सीएनजी वाहन भारी मात्रा में नाइट्रोजन ऑक्साइड (NOx) का उत्सर्जन करते हैं।यह नाइट्रोजन ऑक्साइड वातावरण में रासायनिक प्रतिक्रिया कर 'सेकेंडरी पार्टिकुलेट मैटर' (Secondary PM 2.5) का निर्माण करता है, जो दिल्ली-एनसीआर की सर्दियों के स्मॉग का 25% से अधिक हिस्सा होता है। इसके अलावा, एनसीआर में कुल वाहनों में थ्री-व्हीलर्स की संख्या भले ही सीमित हो, लेकिन दिनभर सघन चलने और लगातार ईंधन जलने के कारण पार्टिकुलेट मैटर उत्सर्जन में इनका अनुपात काफी अधिक रहता है। 100% ई-ऑटो फ्लीट में बदलने से हर साल कई टन हानिकारक कणों के उत्सर्जन में सीधी कमी आएगी।मौजूदा सीएनजी ऑटो चालकों और परमिट पर क्या असर होगा?इस नीति को लेकर सबसे बड़ा भ्रम यह है कि क्या सड़कों पर दौड़ रहे सभी मौजूदा सीएनजी ऑटो को तुरंत जब्त या बंद कर दिया जाएगा?परिवहन विभाग और सीएक्यूएम के दिशा-निर्देशों के मुताबिक, यह नियम मुख्य रूप से नए वाहनों के पंजीकरण (New Registrations) पर लागू होगा। जो सीएनजी ऑटो वर्तमान में सड़कों पर वैध परमिट और फिटनेस सर्टिफिकेट के साथ चल रहे हैं, वे अपनी 10 से 15 साल की निर्धारित समय-सीमा तक सामान्य रूप से संचालित होते रहेंगे। हालांकि, पुराने और 10 वर्ष पूरे कर चुके ऑटो के रिन्यूअल के समय चालकों को आकर्षक सब्सिडी और स्क्रैपेज इंसेंटिव देकर ई-ऑटो में अपग्रेड करने या रेट्रोफिटिंग के लिए प्रेरित किया जाएगा।चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और ऑटो चालकों के लिए चुनौतियांई-ऑटो की इस व्यापक क्रांति को सफल बनाने के लिए बुनियादी ढांचे का विस्तार सबसे बड़ी प्राथमिकता है।चार्जिंग व बैटरी स्वैपिंग स्टेशन: दिल्ली और एनसीआर के प्रमुख मेट्रो स्टेशनों, बस टर्मिनलों और ऑटो स्टैंड्स पर फास्ट चार्जिंग और बैटरी स्वैपिंग पॉइंट्स का तेजी से जाल बिछाया जा रहा है।आर्थिक राहत और कम परिचालन लागत: सीएनजी की लगातार बढ़ती कीमतों की तुलना में ई-ऑटो की रनिंग कॉस्ट (प्रति किलोमीटर खर्च) काफी कम है, जिससे लंबी अवधि में ऑटो चालकों की दैनिक कमाई में बढ़ोतरी होगी।सब्सिडी और आसान लोन: दिल्ली सरकार और एनसीआर के संबंधित राज्य नए ई-ऑटो खरीदारों के लिए सिंगल विंडो सिस्टम, रोड टैक्स में छूट और कम ब्याज दरों पर लोन की सुविधाएं उपलब्ध करा रहे हैं।यह बड़ा बदलाव आने वाले कुछ वर्षों में दिल्ली-एनसीआर की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को न केवल शांत और आधुनिक बनाएगा, बल्कि करोड़ों नागरिकों को स्वच्छ हवा देने की दिशा में एक निर्णायक कदम साबित होगा।
दक्षिण एशिया के दो पड़ोसी मुल्कों—भारत और पाकिस्तान—में इस समय चीनी के बाजार को लेकर बिल्कुल विपरीत और हैरान करने वाली आर्थिक तस्वीर देखने को मिल रही है। भारत में जहां खुदरा बाजार में चीनी की कीमतें ₹60 प्रति किलोग्राम के स्तर को पार कर आम उपभोक्ता की जेब पर दबाव बना रही हैं, वहीं गंभीर आर्थिक संकट से जूझ रहा पाकिस्तान अपनी महंगी लागत से तैयार चीनी को अंतरराष्ट्रीय बाजार में भारी घाटा और सब्सिडी देकर सस्ते दामों में बेचने पर विवश है। दोनों देशों की कृषि नीतियों, सरकारी प्राथमिकताओं और विदेशी मुद्रा जरूरतों के चलते यह विरोधाभास पैदा हुआ है।भारत में चीनी की कीमतें ₹60 के पार क्यों पहुंचीं?भारत दुनिया में चीनी का सबसे बड़ा उपभोक्ता और प्रमुख उत्पादक देश है। घरेलू बाजार में कीमतों में आए हालिया उछाल के पीछे कई नीतिगत और मौसमी कारक जिम्मेदार हैं:एथनॉल ब्लेंडिंग प्रोग्राम (EBP): भारत सरकार ने पेट्रोल में 20% एथनॉल मिश्रण के लक्ष्य को पूरा करने के लिए गन्ने के रस और बी-हैवी शीरे (B-Heavy Molasses) के बड़े हिस्से को सीधे एथनॉल उत्पादन की ओर डायवर्ट किया है। इससे घरेलू बाजार के लिए शुद्ध चीनी के उत्पादन में आनुपातिक कमी आई है।प्रमुख राज्यों में उत्पादन पर असर: महाराष्ट्र और कर्नाटक जैसे प्रमुख गन्ना उत्पादक राज्यों में पिछले मौसम में अनियमित मानसूनी बारिश और सूखे के कारण गन्ने की कुल पैदावार प्रभावित हुई।गन्ने के उचित और लाभकारी मूल्य (FRP) में वृद्धि: किसानों को लाभकारी मूल्य सुनिश्चित करने के लिए केंद्र सरकार द्वारा घोषित एफआरपी में लगातार बढ़ोतरी की गई है, जिससे मिलों की इनपुट लागत बढ़ी है।निर्यात पर सख्त प्रतिबंध: घरेलू बाजार में त्योहारी मांग और खाद्य महंगाई को नियंत्रित रखने के लिए सरकार ने चीनी के अनियंत्रित निर्यात पर कड़े नियम लागू किए हैं।पाकिस्तान महंगी चीनी सस्ते में बेचने को क्यों मजबूर है?इसके ठीक विपरीत, पाकिस्तान में हालात बिल्कुल उल्टे हैं। वहां स्थानीय उत्पादन लागत काफी ऊंची होने के बावजूद सरकार और मिल मालिक अंतरराष्ट्रीय बाजार में औने-पौने दामों पर चीनी निर्यात कर रहे हैं:विदेशी मुद्रा (Forex) की भारी किल्लत: पाकिस्तान के केंद्रीय बैंक में विदेशी मुद्रा भंडार की गंभीर कमी है। देश को आयात बिल चुकाने और डिफॉल्ट से बचने के लिए तुरंत डॉलर की जरूरत है, जिसके चलते नुकसान उठाकर भी निर्यात किया जा रहा है।घरेलू अधिशेष और स्टोरेज संकट: पाकिस्तान में स्थानीय स्तर पर गन्ने की अधिक पिराई के बाद भारी स्टॉक जमा हो गया। मिलों के पास अगली फसल के भुगतान के लिए नकदी का टोटा पड़ गया, जिससे सरकार को प्रति किलोग्राम सब्सिडी देकर निर्यात की अनुमति देनी पड़ी।मिल लॉबी और राजनीतिक दबाव: पाकिस्तान के चीनी उद्योग पर वहां के बड़े राजनीतिक घरानों और प्रभावशाली मिल मालिकों का दबदबा है। मिलों की तरलता (Liquidity) बनाए रखने के लिए टैक्सपेयर्स के पैसे से अरबों रुपये की सब्सिडी देकर वैश्विक स्तर पर कम कीमत पर चीनी बेची जा रही है।नीतिगत प्राथमिकताओं का अंतर: खाद्य सुरक्षा बनाम विदेशी मुद्रा की मजबूरीदोनों देशों की यह विपरीत स्थिति उनकी अर्थव्यवस्था की प्राथमिकताओं को दर्शाती है।भारत की रणनीति ऊर्जा सुरक्षा (एथनॉल के जरिए तेल आयात घटाना), किसानों को बेहतर मूल्य दिलाना और देश के भीतर 140 करोड़ नागरिकों के लिए बफर स्टॉक सुरक्षित रखना है। भले ही इससे अल्पावधि में कीमतें ₹55-₹62 प्रति किलो के दायरे में दिख रही हैं, लेकिन घरेलू आपूर्ति श्रृंखला पूरी तरह स्थिर है।दूसरी ओर, पाकिस्तान अपनी कमजोर अर्थव्यवस्था और डॉलर की तात्कालिक जरूरत के कारण अपने ही देश के खजाने पर सब्सिडी का बोझ डालकर अंतरराष्ट्रीय बाजार में घाटे का सौदा करने के लिए लाचार बना हुआ है।
Gurugram में Congress कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी पर भड़के नेता, सैनी सरकार को घेरा
कांग्रेस नेताओं ने कुछ मुद्दों को लेकर गुरुग्राम में ‘‘काले झंडे लेकर शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे’’ पार्टी कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी और उनके खिलाफ मामले दर्ज किये जाने के विरोध में हरियाणा की भाजपा सरकार पर रविवार को निशाना साधा। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी का काफिला शुक्रवार को गुरुग्राम के एक क्षेत्र से गुजर रहा था कि इसी दौरान पुलिस ने काले झंडे दिखाने वाले कांग्रेस के आठ कार्यकर्ताओं को वीआईपी सुरक्षा व्यवस्था में बाधा पहुंचाने और सरकारी काम में रुकावट डालने के आरोप में गिरफ्तार किया था। यह प्रदर्शन उस समय किया गया था, जब सैनी जिला जनसंपर्क एवं शिकायत निवारण समिति की बैठक में शामिल होने के बाद, गुरुग्राम विश्वविद्यालय में आयोजित ‘‘जेन-एच स्टार्टअप समिट 2026’’ के तहत एक “चौपाल” कार्यक्रम में जा रहे थे। कांग्रेस के हरियाणा मामलों के प्रभारी संजय दत्त ने रविवार को ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘गुरुग्राम में स्थानीय और छात्रों से जुड़े मुद्दों को लेकर मुख्यमंत्री सैनी के खिलाफ काले झंडे लेकर शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे कांग्रेस कार्यकर्ताओं के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई और उन्हें गिरफ्तार किया गया। यह भाजपा सरकार की तानाशाही और लोकतांत्रिक अधिकारों पर उसके हमले का एक और स्पष्ट उदाहरण है।’’उन्होंने आरोप लगाया, ‘‘सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ शांतिपूर्ण प्रदर्शन करना नागरिकों और विपक्ष का लोकतांत्रिक तथा संविधान द्वारा प्रदत्त अधिकार है। अपनी विफलताओं और जनता की वास्तविक चिंताओं को दूर करने के बजाय, भाजपा सरकार असहमति की आवाज को दबाने के लिए पुलिस का इस्तेमाल कर रही है।’’कांग्रेस के वरिष्ठ नेता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी और उनके खिलाफ मामले दर्ज किए जाने की निंदा की। उन्होंने कहा, ‘‘यह नायब सैनी सरकार द्वारा लोकतंत्र और लोकतांत्रिक तरीके से विरोध करने के अधिकार पर किया गया एक घातक हमला है। एक ओर, वे प्रश्नपत्र लीक, नौकरी घोटालों, महंगी शिक्षा और सरकारी नौकरियों के पद न भरने के माध्यम से हर दिन ‘जेन-जी’ को परेशान कर रहे हैं और दूसरी ओर, हमारे युवाओं के साथ खड़े होने वाले कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ क्रूर व्यवहार कर रहे हैं।’’सुरजेवाला ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, “जनता भाजपा सरकार को माफ नहीं करेगी।”दत्त ने कहा कि युवाओं की बात सुनने और उनकी चिंताओं का समाधान करने के बजाय, “सरकार ने प्राथमिकी, गिरफ्तारियों और पुलिस दमन का रास्ता चुना है।’’उन्होंने ‘एक्स’ पर अपनी पोस्ट में कहा, ‘‘गिरफ्तार किए गए युवाओं के साथ कथित तौर पर ‘थर्ड-डिग्री’ का उत्पीड़न किये जाने और उनके परिवार के सदस्यों को परेशान किए जाने की खबरें बेहद गंभीर और चिंताजनक हैं। इन आरोपों की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और जो लोग इसके लिए जिम्मेदार पाए जाएं, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।’’गुरुग्राम की घटना का जिक्र करते हुए दत्त ने ‘एक्स’ पर एक अलग पोस्ट में मांग की कि सैनी सरकार को सभी गिरफ्तार कांग्रेस कार्यकर्ताओं को तुरंत रिहा करना चाहिए, उनके खिलाफ दर्ज प्राथमिकी वापस लेनी चाहिए और उनके परिवार के सदस्यों को परेशान करना बंद करना चाहिए। दत्त ने कहा कि कांग्रेस अपने कार्यकर्ताओं के साथ मजबूती से खड़ी है। उन्होंने कहा, ‘‘हम हरियाणा के युवाओं की गरिमा, अधिकारों और उज्ज्वल भविष्य के लिए पूरी मजबूती से संघर्ष करते रहेंगे।
आप सांसद संजय सिंह ने जौनपुर के पांच सरकारी स्कूलों को लेकर बड़ा दावा किया है। उन्होंने कहा कि स्कूल यू डायस रिकॉर्ड में चालू हैं, लेकिन जमीन पर नहीं दिखते और खोजने वाले को ₹1 लाख इनाम देंगे।
काशी में अखिलेश के ‘केदारेश्वर’, 2027 से पहले सपा ने निकाली मंदिर की झांकी
उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले समाजवादी पार्टी अपने वोट बैंक को मजबूत करने की कोशिश में जुटी है. इसी बीच काशी में केदारेश्वर मंदिर के भव्य स्वरूप और विशाल शिवलिंग की झांकी निकाली गई, जो श्री काशी विश्वनाथ मंदिर पहुंची.
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने नांगल चौधरी लॉजिस्टिक्स हब से पहली मालगाड़ी रवाना
चंडीगढ़। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने रविवार को महेंद्रगढ़ जिले के नांगल चौधरी क्षेत्र स्थित नवनिर्मित एकीकृत मल्टी-मोडल लॉजिस्टिक्स हब (आईएमएलएच) के रेल यार्ड से पहली मालगाड़ी को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। करीब 280 करोड़ रुपये की लागत से विकसित इस रेल संपर्क के शुरू होने से हरियाणा के लॉजिस्टिक्स बुनियादी ढांचे को बड़ी […] The post मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने नांगल चौधरी लॉजिस्टिक्स हब से पहली मालगाड़ी रवाना appeared first on Sabguru News .
सरसों तेल के टैंक में नहाता दिखा युवक, वीडियो वायरल
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में एक युवक सरसों के तेल से भरे बड़े स्टोरेज टैंक में नहाता दिखाई दे रहा है। वीडियो सामने आने के बाद लोगों में नाराजगी और चिंता बढ़ गई है। यूजर्स ने तेल की स्वच्छता और उसकी गुणवत्ता को लेकर सवाल उठाते हुए खाद्य सुरक्षा व्यवस्था पर भी चिंता जताई है।
देश पर 'दिमागी नक्सल' का खतरा क्या वाकई गंभीर? देखें अंजना के साथ राउंडटेबल
स्वतंत्रता दिवस पर लाल किले से पीएम मोदी के दिमागी नक्सल वाले बयान पर सियासी घमासान छिड़ा हुआ है. विपक्ष ने इसे विरोध की आवाज दबाने की कोशिश का प्रयास बताकर सरकार को घेरा. सवाल है, क्या देश पर 'दिमागी नक्सल' का खतरा गंभीर है? क्या पेपर लीक जैसे देश के बड़े मुद्दों के बीच दिमागी नक्सल का नया हंगामा खड़ा किया गया है? देखें राउंड टेबल.
पतंग के पीछे भागते समय खुले नाले में गिरे किशोर का नहीं मिला सुराग, तलाशी अभियान बंद
नई दिल्ली। दक्षिण-पूर्वी दिल्ली के जसोला में पतंग के पीछे भागते समय एक 15 वर्षीय लड़का मिथुन खुले नाले में गिर गया और उसके बाद से उसकी कोई जानकारी नहीं मिल पायी है। अग्निशमन विभाग के अधिकारियों ने रविवार को बताया कि घटना के बाद किशोर की तलाश के लिए बहु-एजेंसी खोज अभियान शुरू किया […] The post पतंग के पीछे भागते समय खुले नाले में गिरे किशोर का नहीं मिला सुराग, तलाशी अभियान बंद appeared first on Sabguru News .
नीतीश के बेटे निशांत बनेंगे बिहार के CM? चर्चा में JDU नेता का बयान
JDU के वरिष्ठ नेता देवेश चंद्र ठाकुर ने कहा है कि बिहार के स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार अपने पिता नीतीश कुमार के पदचिह्न पर चलेंगे. वे भविष्य में मुख्यमंत्री बन सकते हैं. ठाकुर ने उनके कामकाज का जल्द आंकलन करने से बचने और युवा नेता को काम करने का पूरा मौका देने को कहा है.
असम-मेघालय सीमा पर क्यों मचा बवाल, किस बात का है तनाव?
कमर्शियल गाड़ियों को असम में प्रवेश की अनुमति मिल गई। हालांकि, शिलॉन्ग के बाहरी इलाके उमियम में स्थिति अब भी तनावपूर्ण बनी हुई है।
ईरान-अमेरिका शांति वार्ता पर फंसा पेच! फिर तेहरान जाएंगे आसिम मुनीर
पाकिस्तान के आर्मी चीफ जनरल आसिम मुनीर ईरान दौरे पर जाने वाले हैं. यहां वो द्विपक्षीय संबंधों और मिडिल-ईस्ट के मौजूदा क्षेत्रीय हालातों पर उच्च स्तरीय वार्ता करेंगे. इस दौरे का मकसद द्विपक्षीय सहयोग को मजबूत करना और क्षेत्र में शांति-सुरक्षा बनाए रखना है.
दरभंगा में पड़ोसियों के विवाद ने लिया खूनी रूप, चाकूबाजी में युवक की मौत
दरभंगा के खाजासराय मोहल्ले में शनिवार देर रात पड़ोसियों के बीच हुआ विवाद देखते ही देखते खूनी झड़प में बदल गया. चाकूबाजी में दीपू साहनी की मौत हो गई, जबकि उसके भाई समेत कई लोग घायल हुए हैं. घटना के बाद इलाके में तनाव को देखते हुए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है. पुलिस ने कुछ लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है.
पीला पड़ा ट्रांसपेरेंट मोबाइल कवर? इस ट्रिक से लौटेगी चमक!
Transparent Mobile Cover Cleaning Tips: ट्रांसपेरेंट मोबाइल कवर समय के साथ पीला और गंदा हो गया है तो तुरंत नया खरीदने की जरूरत नहीं है. बेकिंग सोडा, विनेगर और कुछ आसान घरेलू क्लीनिंग टिप्स की मदद से कवर की गंदगी और पीलापन कम किया जा सकता है. आज हम आपको पुराने फोन कवर को घर पर साफ करके उसकी चमक वापस लाने का आसान तरीका बताने वाले हैं.
सावन का आखिरी सोमवार कल, नोट करें शुभ मुहूर्त और पूजन विधि
भगवान शिव की आराधना के लिए बेहद खास माना जा रहा है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सावन के सोमवार भगवान शिव की पूजा से मनोवांछित फल की प्राप्ति होती है. इस दिन शिवलिंग का जलाभिषेक, पूजा, मंत्र जाप और दान-पुण्य से हर मनोकामना पूरी की जा सकती है.
सवाईमाधोपुर के दूमोदा गांव में वन विभाग के पिंजरे में एक और तेंदुआ कैद
सवाईमाधोपुर। राजस्थान में सवाईमाधोपुर जिले के रणथंभौर बाघ अभयारण्य से सटे दूमोदा गांव में तीन वर्षीय बालक की मौत के बाद वन विभाग द्वारा लगाए गए पिंजरे में रविवार सुबह एक और तेंदुआ कैद हो गया। दूमोदा और कैलाशपुरी गांव में पिछले कई दिनों से तेंदुए की की गतिविधियों से क्षेत्र में दहशत का माहौल […] The post सवाईमाधोपुर के दूमोदा गांव में वन विभाग के पिंजरे में एक और तेंदुआ कैद appeared first on Sabguru News .
इमरान खान के सपोर्ट में कपिल देव-गावस्कर, PAK पीएम को लिखी चिट्ठी, रखी ये तीन बड़ी मांगें
पाकिस्तान के जेल में बंद पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान के इलाज को लेकर पूर्व क्रिकेटरों ने चिंता जाहिर की है. कपिल देव और सुनील गावस्कर के साथ-साथ दुनिया भर के 22 पूर्व क्रिकेट कप्तानों ने इमरान खान को लेकर पाकिस्तान सरकार के सामने कुछ मांगे रखी हैं.
मैंने कभी सज्जन कुमार को रोल मॉडल नहीं कहा, आलोचना के बाद दीपेंद्र हुड्डा की सफाई
सफाई पेश करते हुए दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि मुझ पर एक अंग्रेजी शब्द-रोल मॉडल-का इस्तेमाल करने का आरोप लगाया जा रहा है, जबकि मैंने न तो कभी यह शब्द कहा और न ही मेरी ऐसी कोई भावना थी।
131 मीटर लंबी हनुमान जी की पूंछ में भरा गंगाजल! आस्था का अनूठा नजारा
कासगंज में आस्था का एक ऐसा अनोखा रंग देखने को मिला जिसे देखकर हर कोई हैरान रह गया.फिरोजाबाद के 40 शिवभक्त 131 मीटर लंबी 'हनुमान जी की पूंछ' वाली कांवड़ लेकर लहरा गंगाघाट पहुंचे. देखिए हमारी यह खास रिपोर्ट...
पांढुर्णा में शादी का झांसा देकर संबंध बनाने के आरोप में पूर्व एसडीओपी अरेस्ट
पांढुर्णा। मध्यप्रदेश के पांढुर्णा जिले के सौसर में एसडीओपी रह चुके सेवानिवृत्त पुलिस अधिकारी केके वर्मा के खिलाफ 31 वर्षीय महिला की शिकायत पर दुष्कर्म का मामला दर्ज किया गया है। महिला ने आरोप लगाया है कि अधिकारी ने वर्ष 2017 से 2023 के बीच शादी का झांसा देकर उसके साथ कई बार शारीरिक संबंध […] The post पांढुर्णा में शादी का झांसा देकर संबंध बनाने के आरोप में पूर्व एसडीओपी अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
यूपी में आरक्षण पर क्या हो रही वोटबैंक की सियासत? देखें दंगल
आरक्षण पर फिर सड़कों से सवाल उठे हैं. दिल्ली के जंतर-मंतर से उठी आवाज अब यूपी पहुंच गई है. लखनऊ में आरक्षण में बदलाव की मांग को लेकर मार्च किया गया. अगले साल यूपी विधानसभा चुनाव से पहले ये मुद्दा गरमाने लगा है. यूपी से लेकर दिल्ली तक सियासत आसमान छू रही है. इसी पर देखें आज का 'दंगल'.
Manish Sisodia बोले, Youth Run से साबित हुआ नशे को पीछे छोड़ आगे बढ़ रहा पंजाब
(तस्वीरों के साथ)जालंधर, 23 अगस्त आम आदमी पार्टी (आप) की पंजाब इकाई के प्रभारी मनीष सिसोदिया ने रविवार को कहा कि पार्टी की युवा शाखा द्वारा सरकार के ‘नशा के विरुद्ध युद्ध’ अभियान के तहत यहां आयोजित ‘यूथ रन पंजाब 2026’ से पता चलता है कि राज्य नशे को पीछे छोड़कर आगे बढ़ रहा है। यहां जारी एक बयान के अनुसार, सिसोदिया और भगवंत मान के ओएसडी राजबीर सिंह घुम्मन ने पांच किलोमीटर की दौड़ को हरी झंडी दिखाई, जिसमें हजारों युवाओं और खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया। बाद में उन्होंने विजेताओं को 11,000 रुपये तक के नकद पुरस्कार वितरित किए। सभा को संबोधित करते हुए सिसोदिया ने कहा कि यह आयोजन महज कुछ किलोमीटर की दौड़ से कहीं अधिक था। उन्होंने कहा, ‘‘यह मैराथन उस पंजाब की आवाज है, जो नशे, निराशा और हार मानने की मानसिकता को पीछे छोड़कर आगे बढ़ रहा है।’’पार्टी के बयान में कहा गया कि मान के नेतृत्व में पंजाब अपनी पुरानी ‘उड़ता पंजाब’ की छवि को पीछे छोड़कर युवाओं के दम पर ‘खेलता-दौड़ता पंजाब’ के रूप में उभर रहा है। आप पंजाब युवा विकास बोर्ड के अध्यक्ष परमिंदर सिंह गोल्डी ने कहा कि मैराथन में बड़ी संख्या में लोगों की भागीदारी पंजाब के युवाओं में ‘रंगला पंजाब’ बनाने में योगदान देने के प्रति बढ़े उत्साह को दर्शाती है।
कुछ नहीं खाया, बस राह देखता रहा; माता-पिता और बेटे की मौत के बाद घर में पालतू कुत्ता अकेला
खाई की गहराई करीब 200 से 250 फुट बताई गई है। पुलिस ने शवों को बरामद कर कानूनी प्रक्रिया पूरी की। इस हादसे ने स्थानीय लोगों को भी झकझोर दिया है। घटना के बाद परिवार से जुड़े कई पुराने वीडियो भी सामने आए हैं।
अंपायर की हत्या के कोशिश के मामले में 36 साल बाद आरोपी मुंबई पुलिस के हत्थे चढा
मुंबई। मुंबई पुलिस ने करीब 36 साल पहले क्रिकेट अम्पायर की हत्या की कोशिश के मामले में 55 साल के एक व्यक्ति को गिरफ़्तार किया है। पुलिस ने रविवार को बताया कि यह व्यक्ति 1990 में मैदान पर हुए एक झगड़े के बाद क्रिकेट अंपायर की हत्या की कोशिश के मामले में कथित तौर पर […] The post अंपायर की हत्या के कोशिश के मामले में 36 साल बाद आरोपी मुंबई पुलिस के हत्थे चढा appeared first on Sabguru News .
प्राइवेट छोड़ सरकारी स्कूल बनी पहली पसंद! 97 करोड़ से बदली तस्वीर
मुरादाबाद में 'मिशन कायाकल्प' के तहत सरकारी स्कूलों को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया गया है. करीब 97 करोड़ रुपये की लागत से 48 स्कूलों का कायाकल्प और 80 डिजिटल क्लासरूम तैयार किए गए हैं. डिजिटल बोर्ड, स्मार्ट क्लास और आरओ के साफ पानी जैसी सुविधाओं से स्कूलों का माहौल बदला है. इसका असर बच्चों के दाखिले पर भी नजर आ रहा है.
'देश में H1N1 का कोई नया स्ट्रेन नहीं...', स्वाइन फ्लू मामलों पर ICMR की सफाई
देश में स्वाइन फ्लू के मरीजों की संख्या में लगातार का इजाफा हो रहा है. भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) ने साफ किया है कि कोई नया H1N1 स्ट्रेन नहीं मिला है. मौजूदा वायरस फ्लू वैक्सीन से मेल खाता है.
Muvattupuzha को अलग जिला बनाने की मांग पर विचार करेगी सरकार: VD Satheesan
केरलम के मुख्यमंत्री वी. डी. सतीशन ने रविवार को कहा कि राज्य सरकार अलग मुवाट्टुपुझा जिला बनाने की मांग पर विचार करेगी। वह यहां मुवाट्टुपुझा नगर निकाय द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इससे पहले, मुवाट्टुपुझा के विधायक मैथ्यू कुझलनादन ने अपने संबोधन में आरोप लगाया कि वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) सरकार के 10 साल के शासन के दौरान इस क्षेत्र की उपेक्षा की गई और उन्होंने अलग मुवाट्टुपुझा जिला बनाने की मांग दोहराई। मुवाट्टुपुझा वर्तमान में एर्नाकुलम जिले का हिस्सा है और इडुक्की जिले की सीमा के करीब स्थित है। एर्नाकुलम जिले के पूर्वी हिस्सों और इडुक्की जिले के निचले इलाकों को मिलाकर अलग मुवाट्टुपुझा जिला बनाने की लंबे समय से मांग की जा रही है। सतीशन ने कहा कि उन्होंने मुवाट्टुपुझा विधायक द्वारा उठाई गई शिकायतों और समस्याओं का संज्ञान लिया है। मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘उन्होंने (कुझलनादन ने) बताया कि लंबे समय से इस क्षेत्र को हाशिये पर रखा गया है। उन्होंने कहा कि बदले की भावना से यहां विकास कार्यों को रोक दिया गया और बाधित किया गया। मैं सिर्फ एक बात कह रहा हूं। इन सभी शिकायतों और चिंताओं का समाधान किया जाएगा।
बिलासपुर : गंदगी के बीच मिक्स केक निर्माण, प्रबल फूड प्रोडक्ट का लाइसेंस निलंबित
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में खाद्य एवं औषधि प्रशासन की टीम ने दुलानी, ढेंका स्थित प्रबल फूड प्रोडक्ट में निरीक्षण के दौरान खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन पाए जाने पर फर्म का लाइसेंस निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 के तहत की गई है। खाद्य एवं औषधि प्रशासन […] The post बिलासपुर : गंदगी के बीच मिक्स केक निर्माण, प्रबल फूड प्रोडक्ट का लाइसेंस निलंबित appeared first on Sabguru News .
शीशे जैसा चमकेगा गंदा एग्जॉस्ट फैन, जिद्दी कालिख-चिकनाई ऐसे करें साफ
Exhaust Fan Cleaning Tips: अगर आपके किचन में लगा एग्जॉस्ट फैन गंदा और चिपचिपा हो गया है तो यहां हम आपको उसे साफ करने के कुछ आसान ट्रिक्स बता रहे हैं जिसकी मदद से आप फैन को बिना उतारे ही आसानी से साफ कर सकते हैं.
मंत्रियों के बंगलों के रखरखाव का खर्च दस साल में हुआ तीन गुना
केंद्रीय मंत्रियों के दिल्ली स्थित लुटियंस बंगलों के रखरखाव का वार्षिक खर्च 2014-15 से 2025-26 तक तीन गुना बढ़कर ₹92.35 करोड़ हो गया है।
मल्लिका संग तेज प्रताप का वर्क आउट, फ्लर्टिंग करते हुए मारी आंख!
भोजपुरी बवाल शो में मल्लिका शेरावत की धांसू एंट्री होने जा रही है, जिसमें वो बिहार के नेता तेज प्रताप यादव के साथ नजर आएंगी. दोनों के बीच थोड़ी मस्ती-मजाक और फ्लर्टिंग वाले मोमेंट्स भी देखे जाएंगे, जिसका प्रोमो अब रिलीज किया गया है.
प्रयागराज में केशव प्रसाद मौर्य ने प्रधानमंत्री पोषण योजना के अंतर्गत कार्यरत रसोइयों के सम्मान समारोह एवं कैशलेस चिकित्सा कार्ड वितरण कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सम्मिलित होकर रसोइयों का सम्मान किया और उन्हें कैशलेस चिकित्सा कार्ड वितरित करते उपरांत स्वयं जाकर पूछा हालचाल, मानदेय बढने और केशलेस इलाज कार्ड पाकर चेहरों पर आयी खुशी, श्री मौर्य ने कहा कि यह है मोदी की गांरटी है सबका मान, सबका सम्मान, कमल पर दबाया गया आपका एक वोट करोडों लोगों को फ्री सुविधा देने का काम करता हैाश्री मौर्य ने कहा कि जिस तरह माताएं अपने बच्चों की चिंता करती हैं, उसी भावना से रसोइयां विद्यालयों में पढ़ने वाले सभी बच्चों के लिए भोजन तैयार करती हैं। उनका यह कार्य सेवा, ममता और सामाजिक जिम्मेदारी का प्रतीक है। डबल इंजन सरकार ने रसोइयों के सम्मान और आर्थिक सशक्तिकरण को लगातार प्राथमिकता दी है। *वर्ष 2019 में मानदेय ₹1000 से बढ़ाकर ₹1500 और वर्ष 2021 में ₹2000 प्रतिमाह किया गया। अब कैबिनेट के निर्णय के अनुसार रसोइयों का मानदेय ₹3000 प्रतिमाह किया जा रहा है। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि रसोइयों के स्वास्थ्य की चिंता भी सरकार की जिम्मेदारी है। इसी क्रम में प्रदेश के लगभग 3.72 लाख रसोइयों एवं उनके आश्रितों को ₹5 लाख तक के सालाना कैशलेस इलाज की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। *प्रयागराज में ही 9 हजार से अधिक रसोइयों एवं उनके आश्रित परिवारों को इसका लाभ मिलेगा।* उन्होंने कहा कि जो माताएं प्रदेश के बच्चों के भविष्य को पोषण देती हैं, उनके परिवार को बीमारी के समय आर्थिक संकट का सामना न करना पड़े, इसी सोच के साथ यह ऐतिहासिक पहल की गई है।श्री मौर्य ने कहा कि प्रधानमंत्री पोषण योजना कुपोषण के खिलाफ महाअभियान है। रसोइयां योजना की महत्वपूर्ण आधारशिला हैं। उनके माध्यम से बच्चों को निर्धारित मानक एवं मेन्यू के अनुसार स्वच्छ, सुरक्षित, पौष्टिक और गरम भोजन उपलब्ध कराया जाता है। उन्होंने रसोइयों से भोजन की गुणवत्ता, स्वच्छता, स्टोर रूम की साफ-सफाई और निर्धारित मानकों के अनुसार वितरण पर विशेष ध्यान देने की अपील की। उन्होंने कहा कि “हर बच्चे तक सुविधा, हर रसोइयां तक सुरक्षा—यही सुशासन का संकल्प है।” सरकार ने रसोइयों के वस्त्र परिधान के लिए ₹500 की व्यवस्था के साथ एप्रन, ग्लव्स और हेड कवर आदि के लिए भी वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई है।श्री मौर्य ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व डबल इंजन सरकार गरीब, महिला, दिव्यांग, श्रमिक और वंचित वर्ग के सम्मान एवं कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। दिव्यांगजनों की पेंशन बढ़ाकर ₹2500 प्रतिमाह की गई है। सरकार का लक्ष्य स्पष्ट है—शिक्षा सुरक्षित होगी तो भविष्य सुनिश्चित होगा और माताएं सशक्त होंगी तो विद्यार्थी समर्थ बनेंगे। उन्होंने कहा कि “संतोषम परम सुखम्” की भावना से रसोइयों का जीवन सुखमय हो और कैशलेस चिकित्सा कार्ड से उनका जीवन निरोगी एवं सुरक्षित रहे। उन्होंने सभी रसोइयों को उनके समर्पण के लिए धन्यवाद देते हुए कहा कि सरकार उनके सम्मान, सुरक्षा और कल्याण के लिए निरंतर कार्य करती रहेगी।कार्यक्रम में भाजपा जिलाध्यक्ष श्रीमती निर्मला पासवान जी, श्री राजेश शुक्ल जी, मा0 सांसद श्री प्रवीण पटेल जी, मा0 विधायक श्री वाचस्पति जी, श्री हर्षवर्धन बाजपेयी जी, विधान परिषद सदस्य श्री सुरेन्द्र चौधरी जी सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण, जिलाधिकारी, मुख्य विकास अधिकारी एवं गणमान्यजन उपस्थित रहे।
iPhone की EMI ही थी असल वजह? पहाड़ी से छलांग लगाकर जान देने वाले मामले में नया ट्विस्ट
शुरुआत में सामने आया है कि पूरा मामला आईफोन की ईएमआई से जुड़ा है, लेकिन अब पुलिस इसकी भी जांच कर रही है कि पहाड़ी से कूदने के इस कदम के पीछे क्या असल में आईफोन की ईएमआई ही वजह थी या फिर कोई और कारण है।
प्रवर्तन निदेशालय ने KPSC भर्ती परीक्षा में कथित धांधली और मनी लॉन्ड्रिंग मामले में IAS ज्ञानेंद्र कुमार गंगवार के बेंगलुरु और बरेली स्थित आवासों पर छापेमारी की है।
संत निरंकारी मिशन ने ‘वननेस वन-प्रकृति’ अभियान के तहत किया पौधारोपण
अजमेर। संत निरंकारी मिशन की ओर से पर्यावरण संरक्षण एवं प्रकृति के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से रविवार को ‘वननेस वन-प्रकृति’ अभियान के तहत वरुण सागर उद्यान में पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज एवं निरंकारी राजपिता रमित जी के पावन आशीर्वाद से आयोजित कार्यक्रम में संत निरंकारी मंडल अजमेर […] The post संत निरंकारी मिशन ने ‘वननेस वन-प्रकृति’ अभियान के तहत किया पौधारोपण appeared first on Sabguru News .
'भ्रम फैलाया जा रहा है...', राष्ट्रगान विवाद पर आई सतीश महाना की सफाई
सतीश महाना के उन्नाव दौरे के दौरान राष्ट्रगान के अपमान का मामला विवादों में है. विपक्षी दलों ने बीजेपी नेता पर इसे लेकर जमकर निशाना साधा. वहीं अब महाना ने वायरल वीडियो को भ्रामक बताया है और लोगों से सच जानने के बाद ही आरोप लगाने की अपील की है.
महिला आरक्षण लागू कराओ, पूरा वंदे मातरम गाओ... राहुल गांधी को स्मृति ईरानी का डबल चैलेंज!
स्मृति ईरानी ने कहा कि अगर राहुल गांधी वास्तव में महिला सशक्तीकरण और महिलाओं के अधिकारों के प्रति गंभीर हैं, तो उन्हें कथनी को करनी में बदलकर दिखाना चाहिए।
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में मौसमी बदलाव और उमस भरी गर्मी के बीच स्वाइन फ्लू (H1N1) के मामलों में भारी उछाल दर्ज किया गया है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के अनुसार, इस साल दिल्ली में इन्फ्लुएंजा-ए के कुल मामलों में से 1,777 मरीजों में खतरनाक H1N1 स्ट्रेन की पुष्टि हुई है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय और दिल्ली सरकार के स्वास्थ्य विभाग ने संयुक्त रूप से सतर्कता बढ़ाते हुए आम नागरिकों और अस्पतालों के लिए विस्तृत एडवाइजरी जारी की है।तेजी से बढ़ रहे मामले और अस्पतालों में हाई अलर्टआंकड़ों के मुताबिक, हाल के दिनों में सामने आ रहे इन्फ्लुएंजा मामलों में 70% से अधिक हिस्सेदारी केवल H1N1 स्ट्रेन की है। राजधानी के 35 प्रमुख अस्पतालों को विशेष निगरानी में रखा गया है और एम्स (AIIMS) तथा नेशनल सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल (NCDC) को प्रमुख रेफरल लैब बनाया गया है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक कर अस्पतालों में आइसोलेशन वार्ड, ऑक्सीजन बेड्स, वेंटिलेटर और जरूरी दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।स्वाइन फ्लू (H1N1) के प्रमुख लक्षणस्वास्थ्य मंत्रालय ने आम लोगों से अपील की है कि वे सामान्य सर्दी-जुकाम और स्वाइन फ्लू के अंतर को समझें और समय पर चिकित्सकीय परामर्श लें। H1N1 संक्रमण होने पर निम्न लक्षण दिखाई देते हैं:तेज बुखार और ठंड लगनालगातार सूखी या बलगम वाली खांसी और गले में तेज खराशगंभीर सिरदर्द, अत्यधिक थकान और शरीर की मांसपेशियों में तेज दर्दसांस लेने में तकलीफ या सीने में भारीपनकुछ मामलों में उल्टी, दस्त और भूख न लगनास्वास्थ्य विभाग की एडवाइजरी: संक्रमण से कैसे बचें?संक्रमण के फैलाव को रोकने के लिए स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने सख्त गाइडलाइंस का पालन करने की सलाह दी है:मास्क का अनिवार्य उपयोग: सार्वजनिक परिवहन, अस्पतालों और भीड़भाड़ वाली बंद जगहों पर जाते समय मास्क जरूर पहनें।हाथों की स्वच्छता: हाथों को नियमित रूप से साबुन और पानी से धोएं या अल्कोहल युक्त सैनिटाइजर का प्रयोग करें।रेस्पिरेटरी हाइजीन: खांसते या छींकते समय मुंह और नाक को रुमाल या कोहनी से ढकें।सेल्फ-मेडिकेशन से परहेज: लक्षण दिखने पर बिना डॉक्टर की सलाह के खुद से एंटीबायोटिक्स या एंटीवायरल दवाएं न लें।हाई-रिस्क ग्रुप को विशेष सावधानी की जरूरतचिकित्सकों के अनुसार, 5 वर्ष से कम उम्र के छोटे बच्चे, 65 वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्ग, गर्भवती महिलाएं और डायबिटीज, अस्थमा, किडनी या हृदय रोग जैसी गंभीर बीमारियों से पीड़ित व्यक्तियों को संक्रमण का खतरा सबसे अधिक होता है। ऐसे लोगों को लक्षण दिखते ही तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर जाकर जांच करानी चाहिए ताकि समय रहते इलाज शुरू किया जा सके।
भाई-बहन के अटूट स्नेह के पावन पर्व रक्षाबंधन पर उत्तर प्रदेश की महिलाओं को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़ा उपहार दिया है। प्रदेश सरकार के फैसले के अनुसार, रक्षाबंधन के मौके पर महिलाएं उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (UPSRTC) की बसों में पूरी तरह निशुल्क सफर कर सकेंगी। इस बार योजना का दायरा बढ़ाते हुए महिला यात्रियों के साथ सफर करने वाले एक सहयोगी (Companion) को भी मुफ्त यात्रा की विशेष सुविधा दी गई है।कब से कब तक मिलेगी मुफ्त बस सेवा की सुविधा?प्रदेश सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के मुताबिक, यह निशुल्क बस सेवा 27 अगस्त की रात से शुरू होकर 28 अगस्त की रात तक प्रभावी रहेगी। दूर-दराज अपने भाइयों को राखी बांधने जाने वाली महिलाओं को किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े, इसके लिए परिवहन निगम को अतिरिक्त बस फेरे चलाने और बस स्टेशनों पर सुचारू व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। यात्रा के दौरान महिला यात्री और उनके साथ मौजूद एक सहयात्री को बिना किसी किराये के टिकट (Zero Value Ticket) जारी किया जाएगा।महिला सुरक्षा पर विशेष फोकस: एंटी-रोमियो स्क्वाड रहेगा अलर्टत्योहार के दौरान महिलाओं की सुरक्षा और गरिमा सुनिश्चित करने के लिए मुख्यमंत्री ने कड़े सुरक्षा प्रबंध लागू करने का आदेश दिया है।राज्यभर के प्रमुख बस अड्डों, रेलवे स्टेशनों, प्रमुख चौराहों और भीड़भाड़ वाले संवेदनशील स्थानों पर एंटी-रोमियो स्क्वाड पूरी तरह सक्रिय रहेगा।यातायात व्यवस्था को सुगम बनाए रखने के लिए ट्रैफिक पुलिस को प्रमुख अंतर-जनपदीय और राजमार्ग रूट्स पर विशेष पेट्रोलिंग के निर्देश दिए गए हैं।परिवहन विभाग, स्थानीय प्रशासन और पुलिस के बीच 24 घंटे का आपसी समन्वय सुनिश्चित किया गया है।ड्राइवरों की सख्त स्क्रीनिंग और पुलिस वेरिफिकेशन के आदेशयात्रियों की जान-माल की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए मुख्यमंत्री ने बस चालकों की सख्त मॉनिटरिंग और स्क्रीनिंग करने का निर्देश दिया है।नशे की हालत में या लापरवाही से गाड़ी चलाने वाले किसी भी चालक को बस की स्टीयरिंग संभालने की इजाजत नहीं होगी। इसके अलावा रोडवेज के साथ-साथ निजी बसों, ऑटो-रिक्शा और टैक्सी चालकों का भी अनिवार्य पुलिस सत्यापन (Verification) कराने को कहा गया है, ताकि देर रात सफर करने वाली महिलाओं को पूरी तरह सुरक्षित और भयमुक्त माहौल मिल सके।भीड़ नियंत्रण और जनसुविधाओं की रियल-टाइम निगरानीरक्षाबंधन के दौरान यात्रियों की भारी भीड़ को देखते हुए परिवहन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधकों को कंट्रोल रूम के जरिए बसों की उपलब्धता और समयबद्ध संचालन की निगरानी करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि त्योहार के अवसर पर किसी भी रूट पर बसों की कमी या अव्यवस्था बर्दाश्त नहीं की जाएगी, जिससे प्रदेश की माताएं और बहनें सम्मान व सहूलियत के साथ अपने गंतव्य तक पहुंच सकें।
HRTC हिमाचल में Electric Bus के लिए 122 करोड़ रुपये से बनाएगा 80 चार्जिंग स्टेशन
हिमाचल प्रदेश के उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने रविवार को कहा कि हिमाचल सड़क परिवहन निगम (एचआरटीसी) राज्यभर में इलेक्ट्रिक बसों की ‘चार्जिंग’ अवसंरचना को मजबूत बनाने के लिए 122 करोड़ रुपये की लागत से 80 स्थानों पर चार्जिंग स्टेशन स्थापित कर रहा है। अग्निहोत्री ने हिमाचल सड़क परिवहन निगम के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करने के बाद कहा, ‘‘इनमें से 34 स्थानों पर ‘चार्जिंग स्टेशन’ स्थापित किए जा चुके हैं, जबकि 21 स्थानों पर काम अगले एक महीने में पूरा होने की उम्मीद है। शेष 25 स्थानों पर चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने की प्रक्रिया जारी है।’’उन्होंने कहा कि इलेक्ट्रिक बसों के सुचारू और प्रभावी संचालन के लिए एचआरटीसी बस अड्डों और कार्यशालाओं में ‘चार्जिंग पॉइंट’ बनाए जा रहे हैं। उपमुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘इलेक्ट्रिक बस चलाने के साथ चार्जिंग अवसंरचना का विस्तार राज्य में आधुनिक, किफायती और पर्यावरण अनुकूल सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
नीति आयोग की रिपोर्ट के अनुसार, भारत में 15-29 आयु वर्ग के 8.7 करोड़ युवा NEET श्रेणी में हैं, जो न तो पढ़ रहे हैं, न ही कार्यरत हैं और न ही कोई प्रशिक्षण ले रहे हैं।
सस्ता होम लोन पड़ न जाए भारी: घर खरीदने से पहले समझें प्रोसेसिंग फीस और छिपे हुए चार्जेस का पूरा खेल
अपना आशियाना खरीदने के लिए जब भी कोई व्यक्ति होम लोन लेने निकलता है, तो उसका सबसे पहला ध्यान विभिन्न बैंकों और हाउसिंग फाइनेंस कंपनियों (HFCs) की ब्याज दरों (Interest Rates) पर जाता है। हालांकि, वित्तीय विशेषज्ञों का मानना है कि केवल सबसे कम ब्याज दर देखकर होम लोन चुनना कई बार भारी वित्तीय भूल साबित हो सकता है। लोन की पूरी अवधि के दौरान कई ऐसे छिपे हुए शुल्क (Hidden Charges) और प्रशासनिक फीस जुड़ते हैं, जो आपकी कुल उधारी लागत (Cost of Borrowing) को अप्रत्याशित रूप से बढ़ा देते हैं। आइए इन 6 प्रमुख पॉइंट्स में समझते हैं होम लोन से जुड़े अतिरिक्त खर्चों का पूरा हिसाब-किताब।1. प्रोसेसिंग फीस और एडमिनिस्ट्रेटिव चार्ज का स्ट्रक्चरलोन आवेदन के समय बैंक सबसे पहले प्रोसेसिंग फीस वसूलते हैं। यह शुल्क लोन राशि का 0.25% से लेकर 2% तक हो सकता है, जिस पर 18% का अतिरिक्त जीएसटी (GST) लागू होता है।कुछ बैंक इसे फ्लैट फीस (जैसे ₹10,000 या ₹15,000) के रूप में लेते हैं, जबकि कुछ बैंक लोन अप्रूवल से पहले एक गैर-वापसी योग्य 'लॉगिन फीस' (Login Fee) भी काटते हैं। यदि आपका लोन किसी कारणवश अस्वीकृत (Reject) हो जाता है, तो भी अधिकांश मामलों में यह लॉगिन फीस वापस नहीं मिलती।2. लीगल और टेक्निकल वेरिफिकेशन चार्जबैंक किसी भी संपत्ति पर लोन स्वीकृत करने से पहले दो प्रकार के अनिवार्य मूल्यांकन करवाता है:टेक्निकल वैल्यूएशन: बैंक का अधिकृत इंजीनियर या वैल्यूअर संपत्ति का भौतिक निरीक्षण करता है, निर्माण की गुणवत्ता परखता है और उसका वर्तमान बाजार मूल्य तय करता है।लीगल वेरिफिकेशन: बैंक के वकील प्रॉपर्टी की कानूनी वैधता, पुराने मालिकाना हक (Chain of Title Deeds) और विवाद-मुक्त स्थिति की जांच करते हैं।इन दोनों पेशेवर सेवाओं का शुल्क (जो आमतौर पर ₹3,000 से ₹10,000 के बीच होता है) सीधे ग्राहक के खाते से काटा जाता है।3. एमओडीटी (MODT) और स्टैंप ड्यूटी चार्जलोन लेते समय प्रॉपर्टी के मूल दस्तावेजों को बैंक के पास गिरवी रखने की औपचारिक कानूनी प्रक्रिया को मेमोरेंडम ऑफ डिपॉजिट ऑफ टाइटल डीड्स (MODT) कहा जाता है।यह शुल्क राज्य सरकारों के राजस्व विभाग द्वारा लगाया जाता है और यह राज्य-दर-राज्य अलग होता है। आमतौर पर यह कुल लोन राशि का 0.1% से 0.5% तक होता है। 50 लाख रुपये के लोन पर यह खर्च अकेले ₹10,000 से ₹25,000 तक पहुंच सकता है, जिसकी जानकारी अक्सर लोन आवेदन के समय स्पष्ट रूप से नहीं दी जाती।4. डॉक्यूमेंटेशन और फ्रैंकिंग चार्जलोन एग्रीमेंट तैयार करने, स्टैंप पेपर खरीदने और उस पर कानूनी मुहर (Franking) लगवाने का खर्च भी उधारकर्ता को ही उठाना पड़ता है। यह खर्च साधारणतया ₹1,000 से ₹5,000 के बीच होता है। इसके अलावा कई संस्थान हर साल लोन अकाउंट मेंटेनेंस और स्टेटमेंट जारी करने के नाम पर भी छोटे-मोटे प्रशासनिक शुल्क जोड़ते रहते हैं।5. प्री-पेमेंट और फोरक्लोजर पेनल्टी के नियमभारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के नियमों के अनुसार, व्यक्तिगत (Individual) उधारकर्ताओं द्वारा लिए गए फ्लोटिंग रेट होम लोन पर किसी भी प्रकार का प्री-पेमेंट या फोरक्लोजर चार्ज नहीं लगाया जा सकता।हालांकि, यदि आपका लोन फिक्स्ड रेट (Fixed Rate) पर है या लोन किसी गैर-व्यक्तिगत इकाई (जैसे कंपनी या फर्म) के नाम पर लिया गया है, तो बैंक समय से पहले लोन चुकाने पर 2% से 4% तक की भारी पेनल्टी वसूल सकते हैं। लोन एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर करने से पहले इस क्लॉज की पुष्टि करना अनिवार्य है।6. लोन कन्वर्जन और स्विचिंग फीसजब बाजार में ब्याज दरें घटती हैं, तो पुराने ग्राहकों को घटी हुई दरों का लाभ स्वतः नहीं मिलता। अपनी मौजूदा उच्च ब्याज दर को कम करवाने के लिए या लोन को किसी अन्य सस्ते बैंक में ट्रांसफर करने के लिए मौजूदा बैंक 'कन्वर्जन फीस' (Conversion Fee) मांगते हैं। यह शुल्क बकाया लोन राशि का 0.25% से 0.5% तक हो सकता है।निष्कर्ष और वित्तीय सलाहहोम लोन के लिए आवेदन करने से पहले केवल विज्ञापनों में दिखने वाले ब्याज दर के आंकड़े पर भरोसा न करें। बैंक से हमेशा 'मोस्ट इम्पोर्टेंट टर्म्स एंड कंडीशंस' (MITC) और 'एनुअल पर्सेंटेज रेट' (APR) शीट मांगें। APR वह वास्तविक पैमाना है जिसमें ब्याज दर के साथ-साथ प्रोसेसिंग फीस और अन्य सभी अनिवार्य शुल्कों को जोड़कर वास्तविक वार्षिक लागत की गणना की जाती है।
रूसी कंपनी के वेयरहाउस पर यूक्रेन का ड्रोन अटैक, धमाके के बाद भड़की आग, Video
रूस ने यूक्रेन के क्रिवी रिह के एक शॉपिंग सेंटर पर हमला किया. जिसके जवाब में यूक्रेन ने रूस के समारा ओब्लास्ट में एक लाख 35 हजार वर्ग मीटर में फैले ओजोन लॉजिस्टिक हब को निशाना बनाया. ड्रोन से हुए हमले के फौरन बाद यहां एक के बाद एक धमाके होने लगे और पूरे परिसर में भयंकर आग लग गई. देखें वीडियो.
मौसम विभाग की चेतावनी... सितंबर में मॉनसून कमजोर ही नहीं बेतरतीब होगा
भारत में मॉनसून बेतरतीब और कमजोर पड़ रहा है. IMD ने अगले दो हफ्तों में सामान्य से कम बारिश की भविष्यवाणी की है. IOD न्यूट्रल है. खरीफ फसलों पर खतरा बढ़ रहा है.

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