मोदी सरकार के मंत्री जॉर्ज कुरियन ने दिया इस्तीफा, राष्ट्रपति ने किया मंजूर
65 वर्षीय जॉर्ज कुरियन अगस्त 2024 से मध्य प्रदेश का प्रतिनिधित्व करते हुए राज्यसभा सदस्य थे। उनका कार्यकाल 21 जून 2026 को समाप्त हो गया। 18 जून को हुए राज्यसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी ने उन्हें दोबारा उम्मीदवार नहीं बनाया था।
बड़ा IPO, बड़ी कमाई की गारंटी नहीं! निवेश से पहले समझें वैल्यूएशन का असली खेल
जब भी बाजार में कोई बड़ा IPO (इन्िशियल पब्लिक ऑफरिंग) आता है, तो चारों तरफ उसका एक अलग ही बज (Buzz) बन जाता है। रिटेल निवेशकों के बीच उसे खरीदने की होड़ मच जाती है। लोगों को लगता है कि कंपनी जितनी बड़ी होगी, लिस्टिंग गेन और भविष्य का मुनाफा भी उतना ही तगड़ा होगा। लेकिन शेयर बाजार का इतिहास गवाह है कि हर बड़ा IPO कमाई की गारंटी नहीं होता। कई बार 'ऊंची दुकान, फीका पकवान' वाली कहावत सच साबित हो जाती है। निवेश की रेस में उतरने से पहले आपको इसके पीछे के वैल्यूएशन के गणित को गहराई से समझना होगा।ब्रांड की चमक और हकीकत का अंतरअक्सर बड़ी कंपनियां अपनी ब्रांड वैल्यू और भारी-भरकम विज्ञापनों के दम पर बाजार में हाइप क्रिएट करती हैं। निवेशक कंपनी के नाम और उसके बड़े साइज को देखकर आकर्षित हो जाते हैं। लेकिन सच यह है कि बड़ा साइज केवल कंपनी के फैलाव को दिखाता है, उसकी प्रॉफिटेबिलिटी (मुनाफे) को नहीं। कई बार स्टार्टअप्स या नई टेक कंपनियां बिना मुनाफा कमाए ही बड़े वैल्यूएशन पर IPO ले आती हैं। ऐसी स्थिति में, अगर आप सिर्फ नाम देखकर पैसा लगा रहे हैं, तो लिस्टिंग के दिन या उसके बाद आपको बड़ा झटका लग सकता है।वैल्यूएशन का वो गणित जो जानना जरूरी हैकिसी भी IPO में पैसा लगाने से पहले कंपनी के पीई रेशियो (P/E Ratio), प्राइस-टू-बुक वैल्यू (P/B Ratio) और रिटर्न ऑन इक्विटी (ROE) को देखना बेहद जरूरी है। अगर कोई कंपनी अपने समकक्ष (Peer) कंपनियों की तुलना में बहुत महंगे वैल्यूएशन पर शेयर ऑफर कर रही है, तो इसका मतलब है कि भविष्य की ग्रोथ की कीमत पहले ही वसूली जा रही है। ऐसे में रिटेल निवेशकों के लिए टेबल पर कमाई का कोई मार्जिन नहीं बचता। सीधा सा नियम है—महंगे वैल्यूएशन वाले आईपीओ में लिस्टिंग गेन की गुंजाइश बहुत कम हो जाती है।ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) के भरोसे न रहेंआजकल नए निवेशक IPO में दांव लगाने के लिए पूरी तरह ग्रे मार्केट प्रीमियम यानी GMP पर निर्भर हो जाते हैं। याद रखिए, जीएमपी कोई आधिकारिक आंकड़ा नहीं है, बल्कि यह केवल एक अनुमान और बाजार की तात्कालिक भावना होती है। कई बार बड़े आईपीओ का जीएमपी शुरुआत में बहुत ऊपर दिखाया जाता है, लेकिन लिस्टिंग के दिन बाजार के मूड या वैश्विक संकेतों के बदलते ही वह धड़ाम से गिर जाता है। इसलिए, जीएमपी को देखकर नहीं, बल्कि कंपनी के फंडामेंटल्स (Financials) को देखकर फैसला लें।सुरक्षित निवेश के लिए क्या करें रिटेल निवेशक?अगर आप अपने गाढ़े पसीने की कमाई को सुरक्षित रखना चाहते हैं, तो बड़े IPO के झांसे में आने के बजाय कंपनी के रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (RHP) को पढ़ें। यह देखें कि कंपनी आईपीओ से जुटाए गए पैसे का इस्तेमाल कहां करने वाली है। अगर पैसा कर्ज चुकाने या बिजनेस को बढ़ाने में लग रहा है, तो यह अच्छा संकेत है। लेकिन अगर मौजूदा प्रमोटर्स सिर्फ अपनी हिस्सेदारी बेचकर (OFS - ऑफर फॉर सेल) बाहर निकल रहे हैं, तो आपको सतर्क हो जाना चाहिए। समझदारी इसी में है कि हर चमकती चीज को सोना न समझें और वैल्यूएशन का गणित समझने के बाद ही 'अप्लाई' बटन दबाएं।
मोहर्रम को लेकर नोएडा पुलिस अलर्ट, अधिकारियों ने किया फ्लैग मार्च
आगामी मोहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण एवं सकुशल संपन्न कराने के लिए गौतमबुद्ध नगर पुलिस पूरी तरह सतर्क नजर आ रही है। पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह के निर्देश पर जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में वरिष्ठ अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते हुए फुट पेट्रोलिंग की और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
लखनऊ अग्निकांड के पीछे कौन जिम्मेदार? जांच में सामने आ रही चौंकाने वाली लापरवाहियां
लखनऊ में तीन मंजिला इमारत में आग में 15 लोगों की मौत के मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एक्शन में नजर आ रहे हैं। मामले में कार्रवाई करते हुए 4 अफसरों को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया गया है। साथ ही मामले में 4 लोगों को गिरफ्तार भी किया गया ...
सुनवाई के दौरान राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष विजया रहाटकर ने कॉमेडी के नाम पर महिलाओं के प्रति अपमानजनक और आपत्तिजनक सामग्री को बढ़ावा दिए जाने पर गंभीर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि ऐसे कंटेंट को सामान्य मान लेना समाज के लिए चिंताजनक है और इससे महिलाओं की गरिमा पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।
शिक्षा का महाउत्सव: CM भूपेंद्र पटेल ने PM मोदी के वडनगर स्कूल से किया शाला प्रवेशोत्सव का शुभारंभ
गुजरात में शिक्षा के प्रति जागरूकता लाने और बच्चों का स्वागत करने के लिए 'कन्या केलवणी महोत्सव और शाला प्रवेशोत्सव' के 24वें संस्करण का आज (23 जून) से उत्साहपूर्वक शुभारंभ हो गया है। वर्ष 2003 में तत्कालीन मुख्यमंत्री और वर्तमान प्रधानमंत्री नरेंद्र ...
तेज प्रताप यादव के आवास में चोरी, 20 लाख नकद समेत आईफोन और लैपटॉप गायब; पीए के खिलाफ मामला दर्ज
पटना में तेज प्रताप यादव के सरकारी आवास से 20 लाख रुपये नकद, सोने के आभूषण, 4 iPhone और लैपटॉप चोरी। निजी सहायक मोतीलाल राय पर FIR दर्ज, पुलिस जांच में जुटी।
राम मंदिर चढ़ावा मामले की SIT जांच के बीच चढ़ावा गिनने वाले कर्मचारियों के लिए नया ड्रेस कोड लागू। बिना जेब की वर्दी, मोबाइल पर रोक और सुरक्षा व्यवस्था हुई सख्त।
तेल निर्यात में राहत के बीच ट्रंप की चेतावनी, क्या मुश्किल में पड़ जाएगी US-Iran डील?
Trump Threatens Iran Again: स्विटजरलैंड में अमेरिका और ईरान के बीच हुई अहम बातचीत के बाद एक बार फिर तनाव बढ़ता नजर आ रहा है। बातचीत के पहले दौर के खत्म होने के महज एक दिन बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को नई चेतावनी दे दी है। ट्रंप ने ...
Positive IOD क्या है? कैसे बनता है भारतीय मानसून का 'रक्षक' और El Nino के असर को करता है कमजोर
Positive Indian Ocean Dipole (IOD) Explained: क्या है पॉजिटिव IOD, यह अल नीनो के प्रभाव को कैसे कम करता है और भारतीय मानसून को कैसे मजबूत बनाता है? जानिए आसान भाषा में पूरा विज्ञान।
मानसून ने देशभर में रफ्तार पकड़ ली है। उत्तर से दक्षिण भारत तक कई राज्यों में भारी बारिश, आंधी-तूफान और बिजली गिरने का अलर्ट जारी है, जबकि कुछ इलाकों में लू का असर बरकरार है।
TMC में बड़ा सियासी भूचाल: बागी गुट ने ममता बनर्जी को अध्यक्ष पद से हटाया, अभिषेक सस्पेंड
TMC Political Crisis : ऋतब्रत बनर्जी की अगुवाई वाली तृणमूल कांग्रेस ने टीएमसी ने खुद को असली पार्टी बताया और पार्टी के सीनियर विधायक अरूप रॉय को चेयरमैन घोषित किया। इसके अलावा बागी गुट ने ममता बनर्जी को पद से हटाते हुए उनके लिए मुख्य सलाहकार पद की ...
पीओके में सैन्य दमन और आर्थिक संकट के खिलाफ विरोध प्रदर्शन तेज हो गए हैं। स्कूली बच्चे, महिलाएं और हजारों नागरिक सड़कों पर उतरकर पाकिस्तान सरकार के खिलाफ नारे लगा रहे हैं।
भारत और मंगोलिया रणनीतिक साझेदार ही नहीं, आध्यात्मिक भाई-बहन भी हैं : एस जयशंकर
मंगोलिया की यात्रा के दौरान विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा कि भारत और मंगोलिया रणनीतिक साझेदार हैं और दोनों देशों के बीच आध्यात्मिक रिश्ता भी है।
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के अलीगंज इलाके में स्थित एक कोचिंग सेंटर में हुए भीषण अग्निकांड (Lucknow Coaching Fire) ने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया है। हादसे की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) ने सोमवार देर रात एक हाई-लेवल समीक्षा बैठक बुलाई। बैठक में सीएम योगी ने इस लापरवाही पर सख्त नाराजगी जाहिर करते हुए दोषियों के खिलाफ त्वरित और कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री के आदेश पर लखनऊ अग्निकांड की गहराई से जांच के लिए दो सदस्यीय 'विशेष जांच दल' (SIT) का गठन किया गया है, जिसे 7 दिनों के भीतर अपनी विस्तृत रिपोर्ट शासन को सौंपनी होगी।इसके साथ ही, हादसे के मुख्य जिम्मेदार बिल्डिंग मालिक वीरेंद्र शुक्ला समेत तीनों नामजद आरोपियों को पुलिस ने देर रात गिरफ्तार कर लिया है, जबकि प्रशासनिक मोर्चे पर बड़ी गाज गिराते हुए चार जिम्मेदार अफसरों को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड (निलंबित) कर दिया गया है।दो सदस्यीय SIT में कौन-कौन शामिल? 7 दिन की मिली डेडलाइनअलीगंज अग्निकांड की तह तक जाने और इसके पीछे की तकनीकी व प्रशासनिक कमियों को उजागर करने के लिए गठित दो सदस्यीय एसआईटी (SIT) में उत्तर प्रदेश के दो बेहद वरिष्ठ अधिकारियों को शामिल किया गया है:अमृत अभिजात (अपर मुख्य सचिव, पर्यटन धर्मार्थ और संस्कृति विभाग)प्रवीण कुमार (अपर पुलिस महानिदेशक - ADG, लखनऊ जोन)मुख्यमंत्री ने इस विशेष जांच दल को कड़े निर्देश दिए हैं कि वे घटना के हर पहलू, जैसे— फायर एनओसी, बिल्डिंग का अवैध निर्माण और सुरक्षा मानकों की अनदेखी की जांच कर 7 दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करें, ताकि लापरवाही बरतने वाले अन्य लोगों पर भी कानूनी शिकंजा कसा जा सके।अवैध निर्माण और ऑटोमैटिक गेट बना बच्चों का 'काल', तीनों आरोपी गिरफ्तारहादसे के बाद लखनऊ के अलीगंज थाने में पीड़ित पक्ष और प्रशासन की ओर से एफआईआर (तहरीर) दर्ज कराई गई है, जिसमें धीरेंद्र शुक्ला और वीरेंद्र शुक्ला सहित तीन लोगों को नामजद आरोपी बनाया गया था। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए देर रात ही तीनों आरोपियों को सलाखों के पीछे भेज दिया है।शुरुआती जांच में जो चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं, वे बिल्डरों की घोर लापरवाही को बयां करते हैं:नक्शे के विपरीत निर्माण: जिस बहुमंजिला इमारत में कोचिंग सेंटर चल रहा था, उसका निर्माण लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) से पास नक्शे के पूरी तरह उलट (अवैध रूप से) किया गया था।इमरजेंसी एग्जिट गायब: पूरी बिल्डिंग में आपातकालीन निकास द्वार (Emergency Exit Gate) की कोई व्यवस्था नहीं थी।ऑटोमैटिक गेट लॉक: आग लगते ही बिजली गुल होने या तकनीकी खराबी के कारण बिल्डिंग का मुख्य इलेक्ट्रॉनिक गेट ऑटोमैटिक लॉक (बंद) हो गया। इसके चलते अंदर पढ़ रहे मासूम बच्चों को बाहर निकलने का कोई रास्ता नहीं मिला और वे भीतर ही फंस गए।चार अफसरों पर गिरी गाज, तत्काल प्रभाव से सस्पेंडअग्निकांड के बाद सरकारी विभागों में फैले भ्रष्टाचार और लापरवाही पर कड़ा प्रहार करते हुए सीएम योगी के निर्देश पर चार अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया गया है। निलंबित किए गए अफसरों की सूची इस प्रकार है:अधिकारी का नामपद और विभागगौरव कुमारएक्सियन कलेक्शन (XEN), जानकीपुरमकमलेन्द्र कुमार सिंहफायर स्टेशन सेकंड ऑफिसर (FSSO), इंदिरा नगरअनिल कुमारअसिस्टेंट इंजीनियर (AE)प्रमोद पांडेजूनियर इंजीनियर (JE)आरोपियों की बिल्डिंग पर चल सकता है बुलडोजर; घायलों का इलाज जारीहादसे को लेकर मुख्यमंत्री कार्यालय बेहद कड़ा रुख अपनाए हुए है। प्रशासनिक सूत्रों की मानें तो नक्शे के विपरीत बनी इस पूरी अवैध कमर्शियल बिल्डिंग को ढहाने के लिए बुलडोजर की कार्रवाई भी की जा सकती है।दूसरी ओर, किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) की वाइस चांसलर (VC) प्रोफेसर सानिया नित्यानंद ने बताया कि मलबे और धुएं से बचाकर लाए गए घायल बच्चों को केजीएमयू के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों की एक विशेष टीम उनके इलाज में जुटी है और घायलों की जान बचाने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं।घटनास्थल पर पहुंचे रक्षामंत्री राजनाथ सिंह और डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठकहादसे की खबर मिलते ही स्थानीय सांसद और देश के रक्षामंत्री राजनाथ सिंह दिल्ली से सीधे लखनऊ पहुंचे और घटनास्थल का दौरा किया। उनके साथ उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक और बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी भी मौजूद रहे। रक्षामंत्री ने अस्पताल जाकर घायल बच्चों का हालचाल जाना और शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त कीं। राजनाथ सिंह ने मीडिया से बात करते हुए आश्वस्त किया कि यह एक अत्यंत दुखद घटना है और बच्चों के जीवन से खिलवाड़ करने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
दिल्ली-एनसीआर के निवासियों और रोजाना नोएडा-ग्रेटर नोएडा की तरफ सफर करने वाले लोगों के लिए बुनियादी ढांचे (Infrastructure) के मोर्चे पर एक बहुत बड़ी और राहत भरी खबर सामने आई है। दिल्ली बॉर्डर से जेवर में बन रहे नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (Noida International Airport) तक का सफर अब पहले से कहीं ज्यादा तेज, सुरक्षित और पूरी तरह से जाम-मुक्त होने वाला है। हाल ही में हुई एक उच्च स्तरीय बैठक में इस बेहद महत्वाकांक्षी हाईवे परियोजना को हरी झंडी दे दी गई है। इस नए रूट के बनने से दिल्ली और जेवर एयरपोर्ट के बीच कनेक्टिविटी बेहद सुगम हो जाएगी।क्यों खास है यह नई एक्सप्रेसवे परियोजना? (Route & Length)यह प्रस्तावित एक्सप्रेसवे केवल एक साधारण सड़क नहीं, बल्कि एक आधुनिक इंजीनियरिंग का नमूना होगा। इस प्रोजेक्ट की मुख्य विशेषताएं निम्नलिखित हैं:लंबाई और लेन: यह पूरा रूट लगभग 35.1 किलोमीटर लंबा होगा, जो पूरी तरह से 8-लेन का एलिवेटेड एक्सप्रेसवे (जमीन से ऊपर पिलर पर बना हुआ) के रूप में तैयार किया जाएगा।रूट मैप: यह शानदार रास्ता दिल्ली के डीएनडी (DND) फ्लाईवे से शुरू होगा और यमुना नदी के तटबंध (बांध) के समानांतर (Parallel) चलते हुए ग्रेटर नोएडा के घरबरा तक जाएगा।डायरेक्ट कनेक्टिविटी: घरबरा पहुंचने के बाद यह एक्सप्रेसवे सीधे यमुना एक्सप्रेसवे (Yamuna Expressway) से कनेक्ट हो जाएगा, जिससे दिल्ली से चलने वाले वाहन बिना किसी ट्रैफिक लाइट या जाम के सीधे नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के भीतर एंट्री कर सकेंगे।NHAI को मिली जिम्मेदारी; स्थानीय लोगों का भी रखा गया ध्यानइस महा-परियोजना के निर्माण और समय पर पूरा करने का जिम्मा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) को सौंपा गया है। एक्सप्रेसवे के डिजाइन में इस बात का विशेष ध्यान रखा गया है कि लंबी दूरी के यात्रियों के साथ-साथ स्थानीय लोगों को भी इसका फायदा मिले। इस स्ट्रक्चर में 8 मुख्य लेन तो होंगी ही, साथ ही 2 अतिरिक्त लेन मौजूदा स्थानीय सड़कों से जोड़ी जाएंगी ताकि आस-पास के गांवों और सेक्टरों में रहने वाले लोग भी आसानी से इस पर चढ़ और उतर सकें।सिंचाई विभाग की आपत्ति के बाद क्यों बदला गया पुराना प्लान?इस प्रोजेक्ट को धरातल पर उतारने के लिए प्रशासन को अपनी शुरुआती योजनाओं में एक बड़ा तकनीकी बदलाव करना पड़ा है:पुरानी योजना: शुरुआत में इंजीनियर्स का प्लान यमुना नदी के बाढ़ नियंत्रण वाले तटबंध (बांध) के ठीक ऊपर ही सड़क बनाने का था।आपत्ति और नया समाधान: उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग ने बांध की मजबूती, सुरक्षा और बाढ़ के खतरों को देखते हुए इस पुराने प्लान पर एनओसी (NOC) देने से साफ इनकार कर दिया था। विभाग की इस गंभीर आपत्ति के बाद प्लान बदला गया। अब बांध को बिना छुए, उसके बिल्कुल बगल में पिलर खड़े करके एक पूरी तरह एलिवेटेड एक्सप्रेसवे बनाया जाएगा, जिससे पर्यावरण और नदी के सुरक्षा मानकों का भी उल्लंघन नहीं होगा।कूटनीतिक जंक्शन बनेगा दिल्ली का DND फ्लाईवेइस एक्सप्रेसवे के चालू होने के बाद दिल्ली का डीएनडी फ्लाईवे देश के सबसे बड़े और प्रमुख हाईवे हब (Junctions) के रूप में तब्दील हो जाएगा। दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे और दिल्ली-सहारनपुर एक्सप्रेसवे पहले से ही अक्षरधाम के पास से गुजर रहे हैं। अब इन दोनों बड़े हाईवे की लिंक लाइनों को मयूर विहार के रास्ते चिल्ला एलिवेटेड रोड से जोड़ा जाएगा। इस कनेक्टिविटी के चलते यात्रियों को मेरठ, सहारनपुर या पूर्वी दिल्ली से आकर सीधे जेवर एयरपोर्ट जाने के लिए एक सिग्नल-फ्री और सुपरफास्ट रूट मिल जाएगा।समय की होगी भारी बचत, ट्रैफिक जाम से मिलेगी परमानेंट मुक्तिनोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के आगामी समय में पूरी तरह शुरू होने के बाद इस रूट पर वाहनों और यात्रियों की संख्या में रिकॉर्ड बढ़ोतरी होना तय है। ऐसे में यह नया 8-लेन एलिवेटेड एक्सप्रेसवे न केवल दिल्ली से एयरपोर्ट के बीच यात्रा के समय (Travel Time) को आधा कर देगा, बल्कि कालिंदी कुंज, नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे और महामाया फ्लाईओवर पर लगने वाले भयंकर ट्रैफिक जाम से भी हमेशा के लिए मुक्ति दिलाएगा।
भारतीय क्रिकेट के उभरते हुए युवा स्टार तिलक वर्मा (Tilak Varma) के लिए पिछले कुछ दिन किसी रोलर-कोस्टर राइड से कम नहीं रहे हैं। रविवार (21 जून) को उन्होंने श्रीलंका के दांबुला में 'इंडिया ए' (India A) टीम की कप्तानी करते हुए श्रीलंका ए के खिलाफ फाइनल में एकतरफा बड़ी जीत हासिल की। इस ऐतिहासिक खिताबी जीत के ठीक अगले ही दिन, वे बिना कोई आराम किए भारत लौटे और सोमवार (22 जून) को घरेलू टी20 लीग में रनों का तूफान खड़ा कर दिया।हैदराबाद क्रिकेट एसोसिएशन (HCA) द्वारा आयोजित किए जा रहे TG20 टूर्नामेंट के मैच नंबर-3 में तिलक वर्मा ने मेदक फाल्कन्स (Medak Falcons) की कप्तानी संभाली। राजीव गांधी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम (उप्पल) में खेले गए इस मुकाबले में तिलक ने 259 रनों के विशाल और नामुमकिन से दिखने वाले लक्ष्य का पीछा करते हुए एक सनसनीखेज नाबाद शतक जड़ा और अपनी टीम को 2 गेंद शेष रहते एक ऐतिहासिक जीत दिला दी।वारंगल वॉरियर्स ने मचाई थी तबाही: अमन राव का 48 गेंदों में 142 रन का रिकॉर्डइससे पहले टॉस हारकर बल्लेबाजी करने उतरी वारंगल वॉरियर्स (Warangal Warriors) के बल्लेबाजों ने मैदान पर चौके-छक्कों की सुनामी ला दी। वारंगल के कप्तान और सलामी बल्लेबाज अमन राव पेराला ने निडर स्ट्रोकप्ले का मुजाहिरा पेश करते हुए महज 48 गेंदों में 142 रनों की आतिशी पारी खेली। इस पारी में उन्होंने 12 चौके और 13 गगनचुंबी छक्के जड़े।अमन ने केवल 32 गेंदों में इस टूर्नामेंट का पहला और सबसे तेज शतक पूरा कर लिया था। आईपीएल में राजस्थान रॉयल्स (RR) के इस नए खिलाड़ी (अमन) के रौद्र रूप की बदौलत वारंगल वॉरियर्स ने निर्धारित 20 ओवरों में 258/7 का पहाड़ जैसा स्कोर खड़ा किया।पावरप्ले का नया कीर्तिमान: अमन राव और हर्षित चौधरी (35 रन) की सलामी जोड़ी ने शुरुआती 6 ओवरों (पावरप्ले) में बिना कोई विकेट खोए 101 रन बोर्ड पर टांग दिए, जो इस प्रतियोगिता के इतिहास में पावरप्ले का सबसे बड़ा स्कोर है। दोनों के बीच पहले विकेट के लिए 133 रनों की साझेदारी हुई।मिडिल और डेथ ओवर्स का खेल: अमन के आउट होने के बाद मुरुगन अभिषेक के तेजतर्रार 32 रनों के कैमियो ने वारंगल के स्कोर को 258 तक पहुंचाने में मदद की। मेदक फाल्कन्स के गेंदबाज एन सूर्या तेजा और राहुल कुंटा ने बीच में विकेट लेकर वापसी की कोशिश जरूर की, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।कठिन राह पर फाल्कन्स की पलटवार, तिलक वर्मा का 22 गेंदों में अर्धशतक259 रनों के एवरेस्ट जैसे लक्ष्य का पीछा करने उतरी मेदक फाल्कन्स की शुरुआत अच्छी लेकिन जोमभरी रही। पहले ओवर में नमन अग्रवाल (12 रन) का विकेट गिर गया। इसके बाद भारतीय टी20 टीम के उप-कप्तान तिलक वर्मा क्रीज पर आए और उन्होंने आते ही मैच का पूरा गियर बदल दिया।तिलक ने वारंगल के गेंदबाजों पर काउंटर-अटैक करते हुए मात्र 22 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा कर लिया। फाल्कन्स ने पावरप्ले के अंत तक 85/2 का स्कोर बना लिया था, हालांकि इस बीच श्रुंजित रेड्डी (25 रन) दुर्भाग्यपूर्ण ढंग से रन आउट हो गए।15वें ओवर का ड्रामा: जब संकट में फंसी मेदक फाल्कन्सएक समय बेहद आसान दिख रहा यह रन-चेस 15वें ओवर में अचानक रोमांचक मोड़ पर आ गया। वारंगल वॉरियर्स के गेंदबाजों ने शानदार वापसी करते हुए फाल्कन्स के लगातार तीन विकेट चटका दिए, जिससे मेदक का स्कोर 190/3 से अचानक 190/6 हो गया। अब अंतिम 5 ओवरों (30 गेंदों) में जीत के लिए 65 रनों की दरकार थी, और पुछल्ले बल्लेबाजों के साथ यह टारगेट हासिल करना नामुमकिन लग रहा था।42 गेंदों में सेंचुरी और 'नायक' का साथ; दो गेंद रहते रोमांचक जीतजब सब उम्मीद छोड़ चुके थे, तब कप्तान तिलक वर्मा का मास्टरक्लास देखने को मिला। उन्होंने मैदान के चारों ओर रिस्ट-वर्क और टाइमिंग का बेहतरीन मुजाहिरा पेश करते हुए सिर्फ 42 गेंदों में अपना शानदार शतक पूरा किया।क्रीज पर आए नए बल्लेबाज विक्रम नायक ने तिलक का बखूबी साथ निभाया। विक्रम ने महज 12 गेंदों में 27 रनों की कैमियो पारी खेलकर मैच का रुख पूरी तरह मेदक की तरफ मोड़ दिया। दोनों के बीच 7वें विकेट के लिए 58 रनों की मैच जिताऊ साझेदारी हुई। हालांकि विक्रम आखिरी से ठीक पहले ओवर में आउट हो गए, लेकिन तब तक मैच फाल्कन्स की मुट्ठी में आ चुका था।आखिरी ओवर के रोमांच में तिलक वर्मा ने अपना संयम बनाए रखा, सूझबूझ से बाउंड्री निकाली और 56 गेंदों में नाबाद 136 रनों (14 चौके, 8 छक्के) की अविश्वसनीय पारी खेलकर अपनी टीम को 3 विकेट से चमत्कारी जीत दिला दी। तिलक की यह पारी इस टी20 लीग के इतिहास की सबसे महानतम पारियों में हमेशा याद रखी जाएगी।
आज का राशिफल: 23 जून 2026, मंगलवार
आज ज्येष्ठ द्वितीय (शुद्ध) शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि शाम 04:40 बजे तक है, जिसके बाद दशमी तिथि शुरू होगी। चंद्रमा पूरे दिन कन्या राशि में संचरण करेगा और मध्यरात्रि 12:53 बजे तुला राशि में प्रवेश कर जाएगा। हस्त नक्षत्र सुबह 11:54 बजे तक रहेगा, जिसके बाद चित्रा नक्षत्र की शुरुआत होगी। ग्रहों और नक्षत्रों के इस परिवर्तन के बीच आइए जानते हैं कि सभी 12 राशियों के लिए आज का दिन कैसा रहने वाला है।मेष राशि (Aries)आज आपके प्रयासों को एक नई और सही दिशा मिलेगी। यदि आप किसी प्रॉपर्टी की खरीद-फरोख्त या बड़े निवेश की योजना बना रहे हैं, तो परिणाम आपके पक्ष में आ सकते हैं। युवाओं को अपनी मेहनत का उचित फल मिलेगा। हालांकि, कुछ लोग आपकी प्रगति से जलकर आपके मार्ग में बाधा डाल सकते हैं, इसलिए अपनी योजनाओं को गुप्त रखें।व्यवसाय व नौकरी: मार्केटिंग और मीडिया से जुड़े जातकों को आज कोई बड़ा ऑर्डर या विशेष लाभ मिल सकता है।प्रेम व परिवार: पारिवारिक माहौल खुशनुमा रहेगा, लेकिन लव पार्टनर के साथ बातचीत की कमी से गलतफहमियां बढ़ सकती हैं।स्वास्थ्य: बीपी और शुगर के मरीजों को आज नियमित जांच करानी चाहिए।उपाय: प्रकृति के करीब थोड़ा समय बिताएं और आत्मचिंतन करें।वृष राशि (Taurus)आर्थिक योजनाओं को अमलीजामा पहनाने के लिए आज का दिन बहुत शानदार है। निवेश करने से पहले अनुभवी लोगों की सलाह जरूर लें। परिवार के बुजुर्गों का स्नेह आपका आत्मविश्वास बढ़ाएगा। आज किसी को भी पैसा उधार देने से बचें, वरना वह डूब सकता है। युवाओं को करियर के प्रति गंभीर होना होगा।व्यवसाय व नौकरी: बिजनेस में नए संपर्क और नेटवर्क का विस्तार होगा। नौकरीपेशा लोगों को आज किसी बड़े प्रोजेक्ट में चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है।प्रेम व परिवार: परिवार के साथ मनोरंजन और सुखद पल बिताने के अवसर मिलेंगे।स्वास्थ्य: माइग्रेन या तेज सिरदर्द की समस्या आज आपको परेशान कर सकती है।उपाय: जल संरक्षण का संकल्प लें और शुद्ध पेयजल का ही सेवन करें।मिथुन राशि (Gemini)आज किसी प्रभावशाली या राजनीतिक कद वाले व्यक्ति का सहयोग आपके अटके हुए कामों को बना देगा। विद्यार्थियों के लिए दिन अच्छा है, शिक्षा से जुड़ी कोई बड़ी बाधा दूर होगी। आज किसी भी तरह के वाद-विवाद या बहसबाजी से खुद को दूर रखें। पालतू पशुओं के पास जाते समय थोड़ी सावधानी बरतें।व्यवसाय व नौकरी: जो व्यापारिक कार्य लंबे समय से पेंडिंग हैं, उन्हें आज ही निपटाने का प्रयास करें। ऑफिस की कार्यप्रणाली में बदलाव भविष्य में बड़ा लाभ देगा।प्रेम व परिवार: घर में शांति और आपसी सहयोग बना रहेगा। प्रेम संबंधों में ज्यादा उलझकर अपने मुख्य लक्ष्यों से न भटकें।स्वास्थ्य: काम के अत्यधिक बोझ के कारण शारीरिक और मानसिक थकान हावी हो सकती है।उपाय: मार्ग में मिलने वाले किसी सफाई कर्मचारी की आर्थिक या अन्य रूप से सहायता करें।कर्क राशि (Cancer)आपकी सूझबूझ और संतुलित सोच आज किसी बेहद जटिल पारिवारिक या व्यावहारिक समस्या का हल निकाल लेगी। छात्रों की पढ़ाई से जुड़ी दिक्कतें दूर होंगी। हालांकि, आज आलस्य को खुद पर हावी न होने दें, अन्यथा हाथ आया मौका निकल सकता है। भावनाओं में बहकर कोई भी बड़ा फैसला न लें।व्यवसाय व नौकरी: कारोबार में मुनाफे के नए स्रोत बनेंगे, हालांकि धन आने की गति थोड़ी धीमी रह सकती है। सरकारी नौकरी करने वालों को कोई बड़ी जिम्मेदारी या नई ड्यूटी मिल सकती है।प्रेम व परिवार: परिवार में आपसी तालमेल बेहतरीन रहेगा और प्रेम संबंधों में मधुरता घुलेगी।स्वास्थ्य: बदलते मौसम के अनुसार अपनी दिनचर्या और खानपान को संतुलित रखें।उपाय: आज विष्णु सहस्त्रनाम का पाठ करना आपके लिए विशेष फलदायी रहेगा।सिंह राशि (Leo)सिंह राशि वालों के लिए आज किसी पुरानी अटकी योजना को दोबारा शुरू करने का बिल्कुल सही समय है। पारिवारिक जीवन की किसी बड़ी समस्या का हल मिलने से मन शांत और तनावमुक्त रहेगा। दूसरों के फटे में टांग अड़ाने से बचें, अन्यथा आपकी मान-हानि हो सकती है। बच्चों की संगति पर नजर रखें।व्यवसाय व नौकरी: बिजनेस में आपको अपनी पुरानी कार्यप्रणाली को बदलना होगा। मल्टीनेशनल (MNC) कंपनियों में काम करने वाले जातकों को पदोन्नति या विशेष सम्मान मिल सकता है।प्रेम व परिवार: घर का माहौल सुखद रहेगा और लव लाइफ में पार्टनर के साथ नजदीकियां बढ़ेंगी।स्वास्थ्य: एक अनुशासित दिनचर्या के कारण आप खुद को ऊर्जा से भरपूर महसूस करेंगे।उपाय: शिवलिंग पर सुगंधित जल या इत्र मिश्रित जल से अभिषेक करें।कन्या राशि (Virgo)आज आपकी मजबूत इच्छाशक्ति और आत्मविश्वास आपको कठिन से कठिन परिस्थितियों से बाहर निकाल लाएगा। विद्यार्थियों को अपनी मेहनत के अनुरूप मनचाहा परिणाम मिलेगा। हालांकि, आज गलत संगति या अवांछित लोगों का साथ आपको किसी बड़ी मुसीबत में डाल सकता है। किसी के साथ पैसों के लेनदेन को लेकर विवाद संभव है।व्यवसाय व नौकरी: व्यापार में नई तकनीक और मॉडर्न तरीकों को अपनाने से बड़ा मुनाफा होगा। नौकरीपेशा लोगों को आज काम के सिलसिले में किसी लाभदायक यात्रा पर जाना पड़ सकता है।प्रेम व परिवार: घर में किसी छोटी सी बात को लेकर मनमुटाव हो सकता है, धैर्य से काम लें।स्वास्थ्य: नकारात्मक विचारों को मन पर हावी न होने दें, यह आपकी कार्यक्षमता को प्रभावित कर सकते हैं।उपाय: अपने इष्ट देव का ध्यान करें और किसी धार्मिक स्थल या मंदिर में गुप्त दान करें।तुला राशि (Libra)आज आपकी अंतरात्मा की आवाज आपको सही रास्ते पर ले जाएगी, अपने अंतर्मन की बात जरूर सुनें। वरिष्ठ और अनुभवी लोगों का मार्गदर्शन आज आपके डूबते करियर या व्यापार को बचा सकता है। टालमटोल की आदत से आज आपको बड़ा आर्थिक नुकसान हो सकता है, इसलिए सक्रिय रहें।व्यवसाय व नौकरी: बिजनेस में आमदनी तो अच्छी होगी, लेकिन उसके साथ ही खर्चों का ग्राफ भी बढ़ेगा। ऑफिस में आज आपको अपनी टीम को बेहतर ढंग से मैनेज करना होगा।प्रेम व परिवार: कार्यक्षेत्र और परिवार के बीच बेहतरीन संतुलन बनाने में सफल रहेंगे। प्रेम संबंधों में मधुरता रहेगी।स्वास्थ्य: छाती में जकड़न या श्वास (सांस) संबंधी किसी भी समस्या को हल्के में न लें, तुरंत डॉक्टर को दिखाएं।उपाय: माता लक्ष्मी और भगवान नारायण की संयुक्त आराधना करें।वृश्चिक राशि (Scorpio)आज निवेश से जुड़ी योजनाएं भविष्य में बड़ा मुनाफा देने वाली साबित होंगी। बच्चों के करियर या स्वास्थ्य को लेकर चल रही कोई बड़ी चिंता आज समाप्त होगी। किसी भी प्रकार के कोर्ट-कचहरी के मामले या अनावश्यक बहस से खुद को दूर रखें। आज किसी भी तरह की फालतू यात्रा को टालना ही बेहतर होगा।व्यवसाय व नौकरी: व्यापार में सभी जरूरी दस्तावेज, बिल और टैक्स संबंधी कागजात व्यवस्थित रखें। किसी भी डील में पारदर्शिता रखें। नौकरीपेशा लोगों को मनमुताबिक काम न मिलने से थोड़ी निराशा हो सकती है।प्रेम व परिवार: वैवाहिक जीवन में तालमेल रहेगा, लेकिन प्रेम संबंधों में पार्टनर से थोड़ी भावनात्मक दूरी महसूस हो सकती है।स्वास्थ्य: त्वचा में संक्रमण (Infection) या किसी प्रकार की एलर्जी से सावधान रहें।उपाय: शिव मंदिर जाकर ताजे अनार के रस से भोलेनाथ का अभिषेक करें।धनु राशि (Sagittarius)धनु राशि के जातक आज खुद को नई ऊर्जा और जबर्दस्त उत्साह से भरा हुआ पाएंगे। विशेष रूप से महिलाओं के लिए आज का दिन कोई बड़ी उपलब्धि या सामाजिक सम्मान लेकर आ सकता है। आर्थिक मामलों में हाथ तंग रह सकता है, इसलिए बजट बनाकर चलें। विदेश जाने की कोशिश कर रहे लोगों को अभी थोड़ा और इंतजार करना होगा।व्यवसाय व नौकरी: कमीशन, कंसल्टेंसी, एजेंसी या मध्यस्थता (ब्रोकरेज) से जुड़े कामों में आज बंपर मुनाफा होने के योग हैं। सभी महत्वपूर्ण फाइलें संभालकर रखें।प्रेम व परिवार: जीवनसाथी का अटूट सहयोग आपको हर मुश्किल से लड़ने की मानसिक मजबूती देगा। दोस्तों से मिलते समय अपनी मर्यादा न भूलें।स्वास्थ्य: आज वाहन चलाते समय या सीढ़ियां चढ़ते समय चोट लगने या गिरने की आशंका है, सतर्क रहें।उपाय: किसी जरूरतमंद बीमार व्यक्ति को आवश्यक दवाइयों का दान करें।मकर राशि (Capricorn)मकर राशि वालों का लंबे समय से रुका हुआ कोई महत्वपूर्ण कार्य आज दोबारा गति पकड़ेगा। परिवार में किसी योग्य सदस्य के विवाह का पक्का प्रस्ताव आने से घर में उत्सव का माहौल रहेगा। हालांकि, आज अपने कीमती सामान, गैजेट्स और जरूरी दस्तावेजों को संभालकर रखें, खोने या भूलने की प्रबल आशंका है।व्यवसाय व नौकरी: व्यापार में वित्तीय लेनदेन और कोई भी नया निवेश बहुत सोच-समझकर करें। नौकरीपेशा लोगों को आज ऑफिस पॉलिटिक्स या गुटबाजी का शिकार होना पड़ सकता है, इसलिए तटस्थ (Neutral) रहें।प्रेम व परिवार: परिवार के लिए समय निकालें, उन्हें आपके साथ की जरूरत है। प्रेम संबंधों में आपसी विश्वास और निकटता बढ़ेगी।स्वास्थ्य: अत्यधिक भागदौड़ के कारण शारीरिक थकान और मानसिक तनाव हावी हो सकता है, मेडिटेशन करें।उपाय: हनुमान मंदिर जाकर पूरी श्रद्धा के साथ हनुमान चालीसा का पाठ करें।कुंभ राशि (Aquarius)आज किसी फोन कॉल, ईमेल या सोशल मीडिया के माध्यम से आपको कोई बेहद महत्वपूर्ण और शुभ सूचना मिल सकती है। परिवार की सुख-सुविधाओं से जुड़ी कोई बड़ी योजना आज हकीकत का रूप लेगी। हालांकि, आज किसी भी तरह का बड़ा आर्थिक लेनदेन करने से पहले सामने वाले की पूरी जांच-पड़ताल कर लें। संतान की ओर से थोड़ी चिंता रह सकती है।व्यवसाय व नौकरी: बिजनेस में नई तकनीक और आधुनिक तरीकों का इस्तेमाल मुनाफा बढ़ाएगा। साझेदारी (Partnership) के काम में आंख मूंदकर भरोसा न करें, धोखा हो सकता है।प्रेम व परिवार: परिवार के साथ किसी पिकनिक या मनोरंजन के पल बिताने का मौका मिलेगा। प्रेम संबंधों में आपसी संवाद टूटने से अलगाव की स्थिति बन सकती है।स्वास्थ्य: ज्यादा काम करने के कारण कमजोरी और सुस्ती छाई रह सकती है।उपाय: नवग्रह मंत्रों का शांत मन से जाप करना आपके भीतर सकारात्मक ऊर्जा का संचार करेगा।मीन राशि (Pisces)आज किसी पुराने पुश्तैनी जमीन-जायदाद के विवाद या किसी पारिवारिक मामले का शांतिपूर्ण समाधान मिल जाएगा। भविष्य की योजनाओं को जमीन पर उतारने के लिए दिन बेहद अनुकूल है। अपनी कार्यशैली और बातचीत के तरीके को और अधिक प्रभावशाली बनाएं। बच्चों पर गुस्सा करने के बजाय उनकी समस्याओं को समझें।व्यवसाय व नौकरी: कार्यक्षेत्र में नई जिम्मेदारियां मिलने से आज काम का बोझ बहुत ज्यादा बढ़ सकता है, लेकिन यह आपके भविष्य के लिए बेहतर है। पार्टनरशिप में चल रहे विवाद आज सुलझ जाएंगे।प्रेम व परिवार: दांपत्य जीवन में किसी बाहरी व्यक्ति के कारण हल्का तनाव हो सकता है, आपस में बातचीत से मामला सुलझाएं। पुराने मित्र से मुलाकात मन खुश कर देगी।स्वास्थ्य: मौसम के बदलने के कारण सर्दी, खांसी या बुखार जैसी छोटी-मोटी मौसमी बीमारियां घेर सकती हैं।उपाय: किसी धार्मिक स्थान पर चने की दाल और गुड़ का दान करें।
चिलचिलाती धूप और भीषण गर्मी से तप रहे उत्तर और मध्य भारत के लिए मौसम विभाग से एक बड़ी और राहत भरी खबर सामने आई है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा बुलेटिन के अनुसार, आज यानी मंगलवार, 23 जून को दक्षिण-पश्चिम मानसून (South-West Monsoon) देश के कई नए हिस्सों में आगे बढ़ने के लिए पूरी तरह तैयार है।मौसम विभाग ने 'गुड न्यूज' देते हुए बताया है कि मौसमी परिस्थितियां अनुकूल होने के कारण मानसून ने उत्तर व मध्य भारत की ओर तेजी से कदम बढ़ा दिए हैं। इसके प्रभाव से देश के पूर्वी, उत्तर-पूर्वी और दक्षिणी राज्यों में मूसलाधार बारिश होने की संभावना है। हालांकि, उत्तर भारत के मैदानी इलाकों को पूरी तरह से सराबोर होने और भीषण लू (Heatwave) से मुकम्मल आजादी पाने के लिए अभी कुछ और दिनों का इंतजार करना पड़ेगा।अगले 48 घंटे बेहद अहम: मुंबई, बिहार और छत्तीसगढ़ में मानसून की दस्तकमौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, मानसून ने 22 जून को मध्य और पूर्वी भारत के कई गतिहीन क्षेत्रों में अच्छी प्रगति की है। आईएमडी ने अलर्ट जारी करते हुए बताया है कि अगले 48 घंटों के भीतर मानसून निम्नलिखित राज्यों को पूरी तरह कवर कर लेगा:महाराष्ट्र और मुंबई: मायानगरी मुंबई समेत पूरे महाराष्ट्र के अधिकांश हिस्सों में मानसून सक्रिय हो जाएगा।मध्य व पूर्वी भारत: छत्तीसगढ़, ओडिशा, झारखंड और बिहार के जो हिस्से अभी तक अछूते थे, वहां अगले दो दिनों में मानसून पहुंच जाएगा और भारी बारिश का दौर शुरू होगा।दक्षिण भारत: तेलंगाना के बचे हुए हिस्सों में भी मानसून की एंट्री के लिए रास्ते साफ हो चुके हैं।इस सप्ताह इन राज्यों में आंधी-तूफान और बिजली गिरने का अलर्टआईएमडी की रिपोर्ट के मुताबिक, इस पूरे सप्ताह देश के एक बड़े हिस्से में मौसम का मिजाज बदला रहेगा। विभाग ने कई राज्यों के लिए धूलभरी आंधी और आकाशीय बिजली (Lightning) का अलर्ट जारी किया है:तेज हवाओं का कहर: दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, बिहार, झारखंड, गुजरात, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, ओडिशा और तेलंगाना में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की आशंका है। इस दौरान इन राज्यों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से तेज आंधी चल सकती है।तेलंगाना में भारी वर्षा: तेलंगाना के कई जिलों में इस सप्ताह रिकॉर्ड तोड़ व्यापक बारिश होने का अनुमान जताया गया है।दिल्ली-एनसीआर का मौसमी हाल: बादल छाएंगे, पर सताएगी उमसदेश की राजधानी दिल्ली और एनसीआर (नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम, फरीदाबाद) के निवासियों के लिए आज का मौसम मिला-जुला रहने वाला है:बारिश का अनुमान: आज, 23 जून को दिल्ली-एनसीआर के आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे। दोपहर या शाम के समय कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम स्तर की बारिश हो सकती है।तापमान में गिरावट: बारिश और तेज हवाओं के चलते अधिकतम तापमान गिरकर 36 से 38 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है, जबकि न्यूनतम तापमान 26 से 28 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया जा सकता है।उमस करेगी परेशान: तापमान में इस गिरावट के कारण लू के थपेड़ों से तो राहत मिलेगी, लेकिन हवा में नमी (Moisture) का स्तर बढ़ने की वजह से लोगों को भारी उमस और चिपचिपी गर्मी का सामना करना पड़ेगा।
बनते काम बिगड़ रहे हैं या लगी है बुरी नजर? किस्मत चमकाएंगे पीली सरसों के ये 5 अचूक और चमत्कारी उपाय
जीवन में कई बार ऐसा दौर आता है जब इंसान लगातार संकटों और दुखों से घिर जाता है। एक समस्या खत्म नहीं होती कि दूसरी सामने आकर खड़ी हो जाती है और घर की सुख-शांति पूरी तरह भंग हो जाती है। मेहनत करने के बाद भी जब काम बिल्कुल आखिरी वक्त पर बिगड़ने लगें और नुकसान की वजह समझ न आए, तो इसके पीछे 'नजरदोष' (Evil Eye) या घर में फैली भारी नकारात्मक ऊर्जा (Negative Energy) हो सकती है।सनातन परंपरा और ज्योतिष शास्त्र में इस तरह के दुर्भाग्य को दूर करने और सोई हुई किस्मत को जगाने के लिए पीली सरसों (Yellow Mustard) के कुछ बेहद आसान और अचूक उपाय बताए गए हैं। तंत्र शास्त्र में पीली सरसों को मां लक्ष्मी और मां बगलामुखी से जोड़कर देखा जाता है, जो बुरी शक्तियों को सोखकर घर में धन-धान्य के रास्ते खोलती है। आइए जानते हैं पीली सरसों के उन 5 ज्योतिषीय टोटकों के बारे में, जो आपकी तंगी और परेशानियों को तुरंत दूर कर सकते हैं।1. नौकरी और बिजनेस की बाधाएं दूर करने के लिएयदि आपको कार्यक्षेत्र में लगातार दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है, व्यापार ठप हो गया है या नौकरी छूटने का खतरा मंडरा रहा है, तो रोज सुबह यह आसान उपाय करें:विधि: सुबह की नियमित पूजा के समय गाय के गोबर का एक छोटा उपला (कंडा) सुलगाएं। जब उसमें से धुआं निकलने लगे, तो उस पर पीली सरसों के कुछ दाने डाल दें।असर: अब इस जलती हुई सरसों और उपले के धुएं को अपने पूरे घर के कोने-कोने में दिखाएं। ज्योतिष के अनुसार, इस धुएं से घर की दरिद्रता बाहर निकलती है, सकारात्मकता का संचार होता है और मां लक्ष्मी का घर में स्थायी वास होता है, जिससे रोजगार के नए अवसर बनते हैं।2. भयंकर आर्थिक तंगी और कर्ज से मुक्ति का महाउपाययदि आप लंबे समय से भारी कर्ज के जाल में फंसे हैं या पैसा हाथ में आते ही पानी की तरह बह जाता है, तो मां बगलामुखी की शरण में जाएं:विधि: गुरुवार या किसी भी शुभ दिन पीली सरसों के कुछ दानों को एक साफ पीले रंग के सूती कपड़े में बांधकर एक छोटी पोटली बना लें। अब इस पोटली को पूजा स्थल पर रखकर मां बगलामुखी (दस महाविद्याओं में से एक) को श्रद्धापूर्वक अर्पित करें।असर: मां बगलामुखी की कृपा से बड़ी से बड़ी वित्तीय और आर्थिक समस्याओं का तत्काल समाधान होता है और रुका हुआ धन वापस मिलने के योग बनते हैं।3. घर के मुखिया की तरक्की और ऊंचा पद पाने के लिएकई बार अथक प्रयासों और योग्यता के बावजूद नौकरी में प्रमोशन (पदोनति) नहीं मिल पाता। इसके लिए घर के कमाऊ सदस्य या मुखिया पर यह टोटका आजमाया जा सकता है:विधि: रविवार या मंगलवार के दिन पीली सरसों के कुछ दानों को हाथ में लें और घर के मुखिया के सिर के ऊपर से घड़ी की सुई की दिशा में (Clockwise) सात बार वार (उसार) लें। इसके बाद इन दानों को ले जाकर घर के मुख्य द्वार से काफी दूर या किसी सुनसान स्थान पर फेंक दें।असर: इस उपाय से मुखिया के ऊपर से सारा नजरदोष खत्म होता है, उनके रास्ते की रुकावटें दूर होती हैं और नौकरी में बड़ा पद व मान-सम्मान हासिल होता है।4. सोए हुए भाग्य को जगाने और धन वर्षा के लिएयदि आपका भाग्य आपका साथ नहीं दे रहा है और हर काम में केवल असफलता मिल रही है, तो कपूर और पीली सरसों का यह मेल आपकी किस्मत बदल सकता है:विधि: रात के समय चांदी या मिट्टी की एक छोटी कटोरी में शुद्ध भीमसेनी कपूर रखें और उसके ऊपर पीली सरसों के दाने डालकर उसे जला दें।असर: इस मिश्रण के जलने से निकलने वाली ऊर्जा घर के वास्तु दोष और पैसों की किल्लत को हमेशा के लिए दूर कर देती है। इससे घर के सदस्यों का भाग्य बहुत तेज होता है और फिजूलखर्ची पर रोक लगती है।5. नजर दोष हटाने और चौतरफा समृद्धि पाने के लिएअगर आपको लगता है कि आपके हंसते-खेलते परिवार या बच्चों को किसी की बुरी नजर लग गई है, जिसके कारण घर में रोज क्लेश और बीमारियां हो रही हैं, तो यह छिड़काव विधि अपनाएं:विधि: किसी भी साफ दिन पीली सरसों के दानों को अपने हाथ में लेकर 'ॐ नमः शिवाय' या गायत्री मंत्र का जाप करते हुए घर के सभी कमरों के कोनों में थोड़ा-थोड़ा छिड़क (बिखेर) दें। इसके साथ ही कुछ दाने घर के मुख्य द्वार के बाहर चारों ओर भी छिड़क दें।असर: यह उपाय घर के चारों तरफ एक सुरक्षा कवच (Protection Shield) बना देता है, जिससे कोई भी बुरी नजर या तांत्रिक अभिचार घर के भीतर प्रवेश नहीं कर पाता और जल्द ही परिवार में शुभ समाचार व समृद्धि का आगमन होता है।
अधिकांश शिवसैनिक शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना के साथ खड़े हैं : अजय आलोक
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता अजय आलोक ने लखनऊ के अलीगंज क्षेत्र में हुई भीषण आग की घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया
नीति आयोग के सदस्य ने राजस्थान को 'उपलब्धि हासिल करने वाला राज्य' बताया
नीति आयोग के सदस्य प्रोफेसर केवी राजू ने राजस्थान को 'उपलब्धि संपन्न राज्य' बताते हुए पेयजल आपूर्ति और ग्रामीण विकास में हुई प्रगति की प्रशंसा की।
'दिल्ली में जनता को बिजली देने में नाकाम सरकार', आतिशी का बयान
दिल्ली विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष आतिशी ने बिजली वितरण कंपनियों के सीएजी ऑडिट और ऊर्जा मंत्री आशीष सूद के आरोपों को लेकर सरकार पर निशाना साधा।
लखनऊ अग्निकांड में बड़ी कार्रवाई – चार अधिकारी निलंबित, जांच तेज
राजधानी लखनऊ के अलीगंज थाना क्षेत्र में हुए भीषण अग्निकांड मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर चार अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है
लखनऊ के अलीगंज क्षेत्र स्थित उषा मेहता मार्ग पर सोमवार को एक तीन मंजिला इमारत में भीषण आग लगने से 15 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। खबरों के मुताबिक इस अग्निकांड में 9 लोग घायल हुए हैं। हादसे के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटनास्थल का दौरा ...
CM मोहन यादव की समीक्षा बैठक, स्वतंत्रता दिवस पर उपलब्धियां बताएंगे प्रभारी मंत्री
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 22 जून को योजना, आर्थिक एवं सांख्यिकी विभाग की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता दिवस यानी 15 अगस्त को जिला मुख्यालयों पर होने वाले कार्यक्रमों में जिलों के प्रभारी मंत्री, जिलों में हुए विकास कार्यों और ...
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के अलीगंज क्षेत्र में आग लगने की भीषण घटना के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार के अपने सभी सरकारी कार्यक्रम रद्द कर दिए
भिवाड़ी : गृहशांति का झांसा देकर बीस लाख रुपए की ठगी
खैरथल-तिजारा। राजस्थान में खैरथल तिजारा जिले के भिवाड़ी थाना क्षेत्र में पुलिस ने सोशल मीडिया पर घरेलू समस्याओं के समाधान और गृहशांति का झांसा देकर लाखों रुपए और सोने के आभूषण ठगने वाले एक शातिर आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस सूत्रों ने सोमवार को बताया कि आरोपी के कब्जे से ठगी की रकम में […] The post भिवाड़ी : गृहशांति का झांसा देकर बीस लाख रुपए की ठगी appeared first on Sabguru News .
UCC पर आगे बढ़ी मोहन यादव सरकार, कमेटी ने आम नागरिकों, धर्मगुरुओं और राजनीतिक दलों से मांगी राय
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव समान नागरिक संहिता (Uniform Civil Code-UCC) की ओर कदम बढ़ा चुके हैं। इसी सिलसिले में समान नागरिक संहिता के अध्ययन एवं परीक्षण के लिए गठित उच्च स्तरीय समिति के सदस्यों ने 22 जून को प्रशासन अकादमी में राज्य ...
धोखाधड़ी मामले में आरसीएफएल एवं आरएचएफएल के दो अधिकारी अरेस्ट
नई दिल्ली। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने सोमवार को रिलायंस कमर्शियल फाइनेंस लिमिटेड (आरसीएफएल) के पूर्व मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) देवांग मोदी और रिलायंस होम फाइनेंस लिमिटेड (आरएचएफएल) के पूर्व सीईओ रवींद्र सुधालकर को सरकारी बैंकों से लिए गए ऋण में हेराफेरी करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। आरसीएफएल मामले में आरोपियों पर 13 […] The post धोखाधड़ी मामले में आरसीएफएल एवं आरएचएफएल के दो अधिकारी अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
कांग्रेस ने चिंटू चौकसे को इंदौर नगर निगम नेता प्रतिपक्ष पद हटाया, सोनिला मिमरोट को मिली जिम्मेदारी
इंदौर नगर निगम चुनाव में एक वर्ष से कुछ ज्यादा वक्त ही बचा है। उससे पूर्व कांग्रेस बड़ा बदलाव किया है। नेता प्रतिपक्ष रहे चिंटू चौकसे को नेता प्रतिपक्ष के पद से हटा दिया गया है। वार्ड 45 की पार्षद सोनिला मिमरोट को नगर निगम इंदौर में नेता प्रतिपक्ष ...
राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत 31 जनपदों में स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिला दुग्ध उत्पादकों को संगठित कर उन्हें दुग्ध व्यवसाय से जोड़कर वर्तमान में महिला समूहों द्वारा ₹5000 करोड़ से अधिक का दुग्ध कारोबार किया जा रहा है, जो ग्रामीण महिलाओं की बढ़ती आर्थिक क्षमता और आत्मनिर्भरता का प्रमाण है। उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि दुग्ध उत्पादन एवं दुग्ध व्यवसाय ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है और इसमें महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त एवं आत्मनिर्भर बनाने के लिए निरंतर प्रभावी प्रयास किए जा रहे हैं।श्री मौर्य ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में वर्ष 2027 तक उत्तर प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों के चहुंमुखी विकास का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस लक्ष्य की प्राप्ति के लिए ग्रामीण महिलाओं अर्थात आधी आबादी को विकास की मुख्यधारा से जोड़ना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि महिलाओं की सक्रिय भागीदारी के बिना विकास की परिभाषा अपूर्ण प्रतीत होगी। इसलिए राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन और खाद्य प्रसंस्करण संयुक्त रूप से महिलाओं को स्वरोजगार, उद्यमिता, कौशल विकास और वित्तीय समावेशन से जोड़कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार महिलाओं को बेहतर नस्ल के दुग्ध पशुओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने, आधुनिक पशुपालन तकनीकों की जानकारी देने तथा दुग्ध उत्पादों के निर्माण एवं विपणन को प्रोत्साहित करने के लिए विभिन्न योजनाओं के माध्यम से सहायता प्रदान कर रही है। इसके साथ ही दुग्ध संग्रहण, प्रसंस्करण तथा मूल्य संवर्धन की सुविधाओं का विस्तार भी किया जा रहा है ताकि महिलाओं की आय में निरंतर वृद्धि हो सके।श्री मौर्य ने कहा कि जिस प्रकार श्वेत क्रांति में पुरुषों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी, उसी प्रकार आज आवश्यकता है कि महिलाओं को भी समान अवसर और संसाधन उपलब्ध कराकर उनके योगदान को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया जाए। उन्होंने कहा कि श्वेत क्रांति के पुरुषों के बराबर महिलाओं को खड़ा करना समय की मांग है और यही प्रदेश सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि डबल इंजन सरकार का स्पष्ट उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाओं को शत-प्रतिशत आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। महिलाओं की आर्थिक उन्नति से न केवल परिवार बल्कि पूरे समाज और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई मजबूती प्राप्त होगी। उन्होंने कहा कि महिला सशक्तिकरण के बिना समृद्ध और विकसित उत्तर प्रदेश की परिकल्पना अधूरी है।
उप मुख्यमंत्री श्री मौर्य ने आज जनहित से जुड़े मामलों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने हेतु दूरभाष के माध्यम से जिलाधिकारी उन्नाव, प्रतापगढ़, इटावा, बरेली, फतेहपुर, बहराइच, बाराबंकी एवं अयोध्या से वार्ता की। इसके अतिरिक्त उन्होंने पुलिस आयुक्त प्रयागराज एवं आगरा, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अयोध्या, लखीमपुर खीरी, चन्दौली, शाहजहाँपुर, कुशीनगर एवं अम्बेडकर नगर तथा मण्डलायुक्त अयोध्या से भी संवाद स्थापित कर प्राप्त शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण करने के निर्देश दिए। अपने सरकारी आवास पर आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम में प्रदेश के विभिन्न जनपदों से आए नागरिकों की समस्याओं को गंभीरता से सुना तथा उनके त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण के लिए आवश्यक निर्देश दिए।जनता दर्शन कार्यक्रम में बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे और उप मुख्यमंत्री ने प्रत्येक फरियादी की समस्या को गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ सुना। जनता दर्शन में सड़क, बिजली, पानी, राजस्व, पेंशन, आवास, शिक्षा एवं स्वास्थ्य से संबंधित अनेक प्रकरण प्राप्त हुए। उप मुख्यमंत्री ने प्राप्त शिकायतों एवं प्रार्थना-पत्रों का संज्ञान लेते हुए संबंधित अधिकारियों को गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उप मुख्यमंत्री ने विद्युत आपूर्ति से संबंधित एक महत्वपूर्ण प्रकरण पर संज्ञान लेते हुए प्रबन्ध निदेशक, विद्युत पश्चिमांचल से भी दूरभाष पर वार्ता की तथा संबंधित समस्या का तत्काल समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
पास सुविधा की ऑनलाइन व्यवस्था के विरोध में सेवानिवृत्त रेल कर्मचारियों का विरोध प्रदर्शन
अजमेर। सेवानिवृत्त रेल कर्मचारियों ने पास सुविधा की ऑनलाइन व्यवस्था के विरोध में सोमवार को अजमेर स्टेशन पर सैकड़ों पेंशनर्स ने प्रदर्शन किया। नॉर्थ वेस्टर्न रेलवे एम्पलॉइज यूनियन अजमेर के सेवानिवृत्त प्रकोष्ठ ऑल इंडिया रेलवे पेंशनर्स वेलफेयर फेडरेशन के सचिव सुमेर सिंह शेखावत ने प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि सेवानिवृत्ति के बाद रेल […] The post पास सुविधा की ऑनलाइन व्यवस्था के विरोध में सेवानिवृत्त रेल कर्मचारियों का विरोध प्रदर्शन appeared first on Sabguru News .
हनुमान सिंह राठौड़ बने माध्यमिक शिक्षा बोर्ड राजस्थान के 41वें अध्यक्ष
अजमेर। शिक्षाविद् हनुमान सिंह राठौड़ ने सोमवार को माध्यमिक शिक्षा बोर्ड राजस्थान के 41वें अध्यक्ष के रूप में पदभार ग्रहण किया। पदभार संभालने के बाद उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी)-2020 को प्रभावी ढंग से लागू करना बोर्ड की सबसे बड़ी प्राथमिकताओं में शामिल होगा और इसके लिए शिक्षकों, विद्यार्थियों तथा शिक्षा जगत के […] The post हनुमान सिंह राठौड़ बने माध्यमिक शिक्षा बोर्ड राजस्थान के 41वें अध्यक्ष appeared first on Sabguru News .
अलीगंज, लखनऊ में हुई अग्नि दुर्घटना पर उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य ने जताया गहरा शोक
उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य ने अलीगंज, लखनऊ में हुई दुर्भाग्यपूर्ण अग्नि दुर्घटना में जनहानि पर गहरा दुःख व्यक्त किया है।उप मुख्यमंत्री ने कहा कि यह घटना अत्यंत हृदयविदारक एवं दुःखद है। उन्होंने दिवंगतों के शोकाकुल परिजनों के प्रति अपनी गहन संवेदनाएँ व्यक्त करते हुए ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत पुण्यात्माओं को अपने श्रीचरणों में स्थान प्रदान करें तथा शोक संतप्त परिवारों को इस असहनीय दुःख को सहन करने की शक्ति दें।उन्होंने दुर्घटना में घायल हुए लोगों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की भी कामना की।ॐ शांति!
WhatsApp के नए प्रमुख बने CRED के संस्थापक कुणाल शाह, Meta ने किया बड़ा नेतृत्व परिवर्तन
दुनिया के सबसे लोकप्रिय मैसेजिंग प्लेटफॉर्म WhatsApp की पैरेंट कंपनी Meta ने नेतृत्व स्तर पर बड़ा बदलाव करते हुए भारतीय फिनटेक कंपनी CRED के संस्थापक और सीईओ कुणाल शाह को WhatsApp का नया प्रमुख (Head of WhatsApp) नियुक्त किया है। वह वर्ष 2019 से इस ...
निपुण भारत मिशन को रफ्तार देने में जुटी योगी सरकार, मास्टर ट्रेनर्स के प्रशिक्षण का दूसरा चरण शुरू
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार निपुण भारत मिशन को जमीनी स्तर तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने के लिए शिक्षकों के क्षमता संवर्धन की मजबूत शृंखला तैयार कर रही है। इसी क्रम में कक्षा 1 से 5 तक के विद्यार्थियों में आधारभूत ...
पर्यटकों की बढ़ती संख्या के बीच योगी सरकार का बड़ा फैसला, बदली होम स्टे नीति
उत्तर प्रदेश में लगातार बढ़ रही पर्यटन गतिविधियों और पर्यटकों की संख्या को देखते हुए योगी सरकार ने बेड एंड ब्रेकफास्ट (बीएंडबी) एवं होम स्टे नीति-2025 में महत्वपूर्ण संशोधन किए हैं। नई व्यवस्था के तहत होम स्टे और बीएंडबी इकाइयों के लिए पंजीकरण ...
राजस्व मंडल की ओर से प्रकाशित राविरा के 132वें अंक का विमोचन
अजमेर। राजस्व मंडल अध्यक्ष अजिताभ शर्मा ने राविरा पत्रिका के 132वें अंक का विमोचन सोमवार को किया। राजस्व मंडल की ओर से प्रकाशित इस अंक में राजस्व न्यायालयों की कार्यप्रणाली में गुणात्मक सुधार, न्यायालय कार्य निष्पादन में व्यावहारिक समस्याएं, उनका समाधान, काश्तकार वर्ग के हितों में ऑनलाइन सेवाओं की सुलभता एवं लाभ, जनसाधारण के लिए […] The post राजस्व मंडल की ओर से प्रकाशित राविरा के 132वें अंक का विमोचन appeared first on Sabguru News .
सेना अधिकारी को थाने में बंद करने के मामले में थानाधिकारी लाइन हाजिर
भरतपुर। राजस्थान में भरतपुर के खेड़ली मोड़ थाना क्षेत्र में पुलिस द्वारा सेना अधिकारी मेजर शैलेन्द्र सिंह को रविवार रात गिरफ्तार करके उन्हें हवालात में बंद करने के साथ अपमानित करने के मामले में सोमवार को मचे बवाल के बाद थानाधिकारी को लाइन हाजिर कर दिया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार छुट्टियों में अपने गांव […] The post सेना अधिकारी को थाने में बंद करने के मामले में थानाधिकारी लाइन हाजिर appeared first on Sabguru News .
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश शिक्षा सुधारों को केवल योजनाओं के क्रियान्वयन तक सीमित नहीं रख रहा, बल्कि जमीनी स्तर पर उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों को राष्ट्रीय पहचान दिलाने की दिशा में भी सक्रिय कदम उठा रहा है। भारत ...
लखनऊ में अलीगंज के बिज़नेस कॉम्प्लेक्स में भीषण आग, 12 लोगों की मौत
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के अलीगंज इलाके में सोमवार को तीन मंज़िला इमारत में लगी भीषण आग में कम से कम 12 लोगों की मौत हो गई और 20 से ज़्यादा झुलस गए। कुछ मीडिया रिपोर्ट में हालांकि इस हादसे में 14 लोगों की मौत होने की खबरें हैं। मृतकों में ज़्यादातर छात्र […] The post लखनऊ में अलीगंज के बिज़नेस कॉम्प्लेक्स में भीषण आग, 12 लोगों की मौत appeared first on Sabguru News .
उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लखनऊ में उस जगह पहुंचे जहां आग लगने की घटना हुई थी, घटना में 14 लोगों की मौत हो गई। पुलिस सूत्रों के अनुसार आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट बताई जा रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अलीगढ़ से कार्यक्रम रद्द कर ...
चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय (सीसीएसयू), मेरठ के वैज्ञानिकों ने एक ऐसे शोध का खुलासा किया है, जो आने वाले समय में किसानों की आय बढ़ाने के साथ-साथ लोगों के स्वास्थ्य के लिए भी फायदेमंद साबित हो सकता है। विश्वविद्यालय के वनस्पति विज्ञान विभाग में किए ...
इंस्टेंट मैसेजिंग प्लेटफॉर्म WhatsApp एंड्रॉयड यूजर्स के लिए 2 नए फीचर्स पर काम कर रहा है। इन अपडेट्स का उद्देश्य यूजर्स के लिए ऑनलाइन स्टेटस देखना और चैट बैकअप को मैनेज करना पहले से अधिक आसान बनाना है।
भरत भूषण तिवारी की पुलिस मुठभेड़ से बिहार की सियासत में खलबली मची हुई है। बिहार के भोजपुर जिले में 26 वर्षीय भरत भूषण तिवारी की पुलिस मुठभेड़ में हुई मौत को लेकर राजनीतिक और सामाजिक विवाद गहरा गया है। मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। विपक्ष पर ...
जम्मू स्थित माता खीर भवानी मंदिर में हजारों की संख्या में पहुंचे श्रद्धालु
जम्मू। कश्मीरी पंडितों ने जनीपुर इलाके के भवानी नगर में स्थित रागन्या देवी (माता खीर भवानी) मंदिर में सोमवार को खीर भवानी त्योहार के अवसर पर वैदिक मंत्रों और घंटियों की गूंज के बीच पूजा-अर्चना की। समुदाय के सदस्यों ने मंदिर में इलाके में शांति के लिए प्रार्थना की और आशीर्वाद मांगा। भक्तों ने श्रीनगर […] The post जम्मू स्थित माता खीर भवानी मंदिर में हजारों की संख्या में पहुंचे श्रद्धालु appeared first on Sabguru News .
राम मंदिर चढ़ावा चोरी प्रकरण, 150 पन्नों की रिपोर्ट तैयार, ट्रस्ट के पुनर्गठन के भी संकेत
अयोध्या में रामलला के दरबार से आई एक ऐसी खबर ने लखनऊ से लेकर दिल्ली तक के सियासी और प्रशासनिक गलियारों में भूकंप ला दिया है, जिसने आस्था और व्यवस्था दोनों को झकझोर कर रख दिया है। श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के चढ़ावे और वित्तीय प्रबंधन में हुए 7 करोड़ ...
बिना चीनी-गुड़ के घर पर बनाएं ये पौष्टिक आहार; खाने के नखरे होंगे खत्म
अक्सर माताओं की सबसे बड़ी चिंता यह होती है कि उनका बच्चा बहुत दुबला-पतला है और बाहर का 'जंक फूड' तो शौक से खाता है, लेकिन घर का पौष्टिक खाना खाने में हजार नखरे करता है। 1 से 5 साल की उम्र बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास के लिए बेहद महत्वपूर्ण होती है। ऐसे में उन्हें जरूरी पोषक तत्व मिलना बहुत जरूरी है। अगर आप भी इसी समस्या से जूझ रही हैं, तो यूट्यूब कंटेंट क्रिएटर पूनम देवनानी द्वारा सुझाई गई यह 'मैजिकल लड्डू' रेसिपी आपकी सारी चिंता दूर कर देगी।क्यों खास हैं ये हेल्दी लड्डूइन लड्डुओं की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इनमें चीनी या गुड़ का बिल्कुल भी इस्तेमाल नहीं किया गया है। इसमें अंजीर, खुबानी, बादाम, छुहारा और किशमिश जैसे सुपरफूड्स का उपयोग किया गया है, जो न केवल बच्चे का वजन बढ़ाने में मदद करते हैं, बल्कि उनमें आयरन, कैल्शियम और प्रोटीन की कमी को भी पूरा करते हैं। गेहूं का आटा बच्चे का पेट भरने और उन्हें लंबे समय तक ऊर्जावान बनाए रखने में मददगार है।सामग्री (Ingredients)इन लड्डू को बनाने के लिए आपको चाहिए:1.5 कप गेहूं का आटा10 सूखे अंजीर और 10 सूखी खुबानी30-35 बादाम (ममरा)8-9 छुहारे (बीज निकले हुए)1/2 कप किशमिश1/2 कप शुद्ध देसी घी (1/4 कप + 1/4 कप)बनाने की आसान विधि (Step-by-Step Recipe)भिगोना और पेस्ट बनाना: अंजीर और खुबानी को साफ पानी से धोकर 2-3 घंटे के लिए भिगो दें। फूल जाने के बाद इनका बारीक पेस्ट तैयार कर लें।ड्राई फ्रूट्स का पाउडर: बादाम और छुआरे को मिक्सर में अलग-अलग पीसकर दरदरा पाउडर बना लें।आटा भूनना: एक कड़ाही में घी डालें और गेहूं के आटे को धीमी आंच पर 15-20 मिनट तक सुनहरा होने तक भूनें।मिक्सचर तैयार करना: एक अन्य पैन में घी डालकर अंजीर-खुबानी के पेस्ट को भूनें जब तक कि घी अलग न होने लगे। अब इसमें भुना हुआ आटा, बादाम और छुहारे का पाउडर मिलाएं। अंत में किशमिश डालकर अच्छी तरह चलाएं।लड्डू बांधना: मिश्रण को हल्का ठंडा होने दें और छोटे-छोटे लड्डू तैयार कर लें।कैसे और कब खिलाएंइन लड्डुओं को एक एयरटाइट डिब्बे में भरकर फ्रिज में रखें। रोजाना खिलाने से 15 मिनट पहले इन्हें बाहर निकाल लें। अगर बच्चे की उम्र 5 साल से अधिक है तो एक लड्डू और उससे कम है तो आधा लड्डू देना पर्याप्त है। याद रखें, बच्चे को कभी भी खाली पेट यह लड्डू न दें। यह लड्डू न केवल बच्चे का वजन बढ़ाएंगे, बल्कि उन्हें एक्टिव और हेल्दी भी रखेंगे।
चित्त की चंचल लहरें रोकें, अन्तस आलोक जगाएं हम। आओ साधक! पतंजलि का, अष्टांग योग अपनाएं हम। प्रथम सीढ़ी 'यम' की है भाई, सत्य-अहिंसा मन में लाना। अस्तेय, ब्रह्मचर्य, अपरिग्रह को, तुम जीवन का मूल बनाना। शुचिता, संतोष, तप, स्वाध्याय, 'नियम' की राह दिखाता ...
गुरदासपुर में नहर टूटने से बाढ़ जैसे हालात, सैकड़ों एकड़ फसल जलमग्न
गुरदासपुर। पंजाब के गुरदासपुर जिले में अप्पर बारी दोआब (यूबीडीसी) नहर में आई बड़ी टूट के कारण आसपास के गांवों, रिहायशी इलाकों और कृषि भूमि में पानी भर गया, जिससे बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं। घटना के बाद किसानों और स्थानीय निवासियों में भारी चिंता का माहौल है। जानकारी के अनुसार सठियाली हेडवर्क्स […] The post गुरदासपुर में नहर टूटने से बाढ़ जैसे हालात, सैकड़ों एकड़ फसल जलमग्न appeared first on Sabguru News .
भरत तिवारी मुठभेड़ मामले की जांच डीआईजी शाहाबाद करेंगे, पांच पुलिसकर्मी निलंबित
बिहार के एडीजी (लॉ एंड ऑर्डर) सुधांशु कुमार ने सोमवार को भोजपुर के शाहपुर थाना क्षेत्र में हुए भरत भूषण तिवारी मुठभेड़ मामले और नीट पुनर्परीक्षा में सामने आए फर्जीवाड़े को लेकर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि भरत तिवारी मुठभेड़ प्रकरण की निष्पक्ष एवं वैज्ञानिक जांच के लिए शाहाबाद प्रक्षेत्र के डीआईजी को पुलिस मुख्यालय की ओर से अधिकृत किया गया है।
Electric Scooter : बिना लाइसेंस चला सकेंगे यह सस्ता इलेक्ट्रिक स्कूटर, फीचर्स भी हैं दमदार
कंपनी ने Reo VYB की बैटरी पर 3 साल या 30,000 किलोमीटर (जो पहले पूरा हो) की वारंटी देने की घोषणा की है। Ampere का कहना है कि बैटरी को लंबी उम्र और बेहतर टिकाऊपन को ध्यान में रखकर विकसित किया गया है। किफायती इलेक्ट्रिक मोबिलिटी की बढ़ती मांग के बीच ...
'बारिश में गल गया सोना, बंदर उठा ले गए', पुलिस की दलील पर कोर्ट सख्त; 18 साल पुराने मामले ने चौंकाया
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से लगभग 135 किलोमीटर दूर स्थित लखीमपुर खीरी से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने सभी को हैरान कर दिया। पुलिस ने दावा किया कि मालखाने में सुरक्षित रखी गई लाखों रुपये मूल्य की सोने की पोटली बारिश में गल गई। इसके बाद आभूषणों ...
हरियाणा और राजस्थान में 4 ट्रेनों के अतिरिक्त ठहराव को मंजूरी
नई दिल्ली। रेलवे ने हरियाणा और राजस्थान के में चलने वाली चार ट्रेनों के अतिरिक्त ठहराव को मंजूरी प्रदान की है। रेलवे ने सोमवार को बताया कि स्थानीय यात्रियों, विद्यार्थियों, किसानों, व्यापारियों और रेल का इस्तेमाल करने वाले अन्य लोगों की मांग को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है। रेलवे के अनुसार ट्रेन संख्या […] The post हरियाणा और राजस्थान में 4 ट्रेनों के अतिरिक्त ठहराव को मंजूरी appeared first on Sabguru News .
रणवीर सिंह ने 'डार्क' बताकर ठुकराई थी ये ब्लॉकबस्टर फिल्म
बॉलीवुड गलियारों में अक्सर 'मिस' हुई फिल्मों की कहानियां काफी दिलचस्प होती हैं। ऐसी ही एक कहानी है 2019 में बॉक्स ऑफिस पर सुनामी लाने वाली फिल्म 'कबीर सिंह' की। शाहिद कपूर के करियर की सबसे बड़ी ब्लॉकबस्टर मानी जाने वाली इस फिल्म के पीछे एक ऐसा राज छिपा है जिसे जानकर फैंस आज भी हैरान रह जाते हैं। क्या आप जानते हैं कि संदीप रेड्डी वांगा की इस फिल्म के लिए शाहिद कपूर पहली पसंद नहीं थे, बल्कि यह भूमिका सुपरस्टार रणवीर सिंह को ऑफर की गई थी?रणवीर सिंह को क्यों लगी थी 'डार्क'?फिल्म के निर्देशक संदीप रेड्डी वांगा ने खुद एक इंटरव्यू में खुलासा किया था कि जब वे 'अर्जुन रेड्डी' की हिंदी रीमेक 'कबीर सिंह' पर काम कर रहे थे, तो उनके दिमाग में सिर्फ रणवीर सिंह का नाम था। निर्देशक ने उन्हें अप्रोच भी किया था, लेकिन रणवीर सिंह ने इस किरदार को निभाने से साफ इनकार कर दिया। इसकी मुख्य वजह फिल्म का 'डार्क' और एग्रेसिव मिजाज था। उस समय रणवीर शायद ऐसे किरदार के लिए मानसिक रूप से तैयार नहीं थे, जिसे उन्होंने अपने करियर के लिए बहुत ज्यादा नकारात्मक मान लिया था।शाहिद कपूर का रिस्क और ऐतिहासिक सफलतारणवीर सिंह के बाद यह फिल्म शाहिद कपूर की झोली में गिरी। उस समय शाहिद के करियर का ग्राफ काफी संघर्षपूर्ण था। उनकी कोई भी सोलो फिल्म 100 करोड़ के आंकड़े को छूने में नाकाम रही थी, जिसके चलते फिल्ममेकर्स शाहिद को बड़ी फिल्में देने में हिचकिचा रहे थे। लेकिन शाहिद ने 'कबीर सिंह' का रिस्क लिया और अपने अभिनय से कबीर के कैरेक्टर में जान फूंक दी। फिल्म का परिणाम ऐसा रहा कि महज 60 करोड़ रुपये के बजट में बनी इस फिल्म ने दुनिया भर में करीब 379 करोड़ रुपये का बिजनेस किया, जो फिल्म की लागत का लगभग 6 गुना था।क्या अर्जुन कपूर भी थे दौड़ में?मीडिया रिपोर्ट्स और कई चर्चाओं के अनुसार, संदीप रेड्डी वांगा ने फिल्म के लिए अर्जुन कपूर का नाम भी सोचा था, लेकिन बात आगे नहीं बढ़ सकी। अंततः, शाहिद कपूर ने इस भूमिका को स्वीकार किया और साबित कर दिया कि वह किसी भी तरह के किरदार को निभाने में सक्षम हैं। आज 'कबीर सिंह' शाहिद के करियर की एक ऐसी फिल्म बन गई है, जिसने उनके स्टारडम को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया और साबित किया कि कभी-कभी जो फिल्में स्टार्स छोड़ देते हैं, वे इतिहास रच देती हैं।
सुप्रीम कोर्ट ने भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले में दायर याचिका पर जल्द सुनवाई की तारीख तय करने से इनकार कर दिया है। अदालत ने याचिकाकर्ता को निर्देश दिया है कि वह रजिस्ट्रार के समक्ष मामले का उल्लेख करे, जिसके बाद आगे की प्रक्रिया तय की जाएगी। इस याचिका में घटना की सीबीआई जांच कराने और सुप्रीम कोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश की निगरानी में एक स्वतंत्र विशेषज्ञ समिति गठित करने की मांग की गई है।
PPP ने अमजद हुसैन को बनाया मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार, PML-N के साथ मिलकर संभालेंगे सत्ता
गिलगित-बाल्टिस्तान की राजनीति में रविवार को एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया। पाकिस्तान पीपल्स पार्टी (PPP) ने क्षेत्र में अपनी सरकार बनाने की कवायद तेज करते हुए मुख्यमंत्री पद के लिए अमजद हुसैन के नाम की आधिकारिक घोषणा कर दी है। पार्टी चेयरमैन बिलावल भुट्टो-जरदारी द्वारा नामित किए गए अमजद हुसैन का राजनीतिक अनुभव काफी लंबा रहा है। यह निर्णय हाल ही में संपन्न हुए विधानसभा चुनावों के नतीजों के बाद लिया गया है, जहां पीपीपी 24 सदस्यीय विधानसभा में 12 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी है।कौन हैं अमजद हुसैनअमजद हुसैन गिलगित-बाल्टिस्तान के एक अनुभवी राजनेता हैं। उनकी राजनीतिक पृष्ठभूमि की बात करें तो वे 2020 से 2025 तक गिलगित-बाल्टिस्तान विधानसभा के सदस्य रहे हैं। इससे पहले, उन्होंने 2009 से 2014 तक क्षेत्र की लेजिस्लेटिव काउंसिल में भी अपनी सेवाएं दी हैं। उनके अनुभव को देखते हुए पीपीपी नेतृत्व ने उन्हें मुख्यमंत्री की जिम्मेदारी देने का फैसला किया है, ताकि वे क्षेत्र में पार्टी की नीतियों को प्रभावी ढंग से लागू कर सकें।PML-N के साथ सत्ता का 'पावर-शेयरिंग' फार्मूलाक्षेत्र में स्थिर सरकार सुनिश्चित करने के लिए पीपीपी ने पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (PML-N) के साथ हाथ मिलाया है। डान अखबार की रिपोर्ट के अनुसार, दोनों दलों के बीच सत्ता साझा करने को लेकर एक विशेष सहमति बनी है। इस गठबंधन के तहत मुख्यमंत्री का पद पीपीपी के पास रहेगा, जबकि गवर्नर का पद पीएमएल-एन के खाते में जाएगा। यह फार्मूला केंद्रीय स्तर पर अपनाई गई राजनीतिक व्यवस्था के काफी समान है, जिसका उद्देश्य आपसी भरोसे और आम सहमति के जरिए गिलगित-बाल्टिस्तान में सुशासन प्रदान करना है।नई सरकार की चुनौतियां और उम्मीदेंइस गठबंधन सरकार के सामने गिलगित-बाल्टिस्तान के आर्थिक और प्रशासनिक मुद्दों को हल करने की बड़ी चुनौती होगी। पीपीपी और पीएमएल-एन नेताओं का कहना है कि यह गठबंधन आपसी बातचीत और क्षेत्र के विकास के साझा लक्ष्यों पर आधारित है। अब जबकि मुख्यमंत्री पद के लिए उम्मीदवार का नाम तय हो गया है, प्रदेश में नई सरकार के गठन की प्रक्रिया जल्द ही औपचारिक रूप से पूरी कर ली जाएगी। इस नई राजनीतिक व्यवस्था से क्षेत्र में प्रशासनिक स्थिरता आने की उम्मीद जताई जा रही है।
राष्ट्रपति ट्रंप का कड़ा एक्शन, ओलंपिक साइक्लिस्ट डेविड हर्न समेत कई गिरफ्तार
अमेरिका के सबसे प्रतिष्ठित राष्ट्रीय स्मारकों में से एक, 'लिंकन मेमोरियल रिफ्लेक्टिंग पूल' में हुई तोड़फोड़ की घटना ने पूरे देश में खलबली मचा दी है। राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने खुद इस मामले की गंभीरता को देखते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'ट्रुथ सोशल' पर जानकारी दी कि अमेरिकी पार्क पुलिस ने इस घटना के सिलसिले में कई संदिग्धों को गिरफ्तार किया है। ट्रंप ने इसे राष्ट्रीय विरासत पर हमला करार देते हुए चेतावनी दी है कि सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले दोषियों को लंबी जेल की सजा काटनी पड़ सकती है।ओलंपिक पदक विजेता पर लगा गंभीर आरोपइस मामले में सबसे चौंकाने वाला नाम ओलंपिक साइक्लिस्ट डेविड हर्न का सामने आया है। 'द वॉशिंगटन पोस्ट' की रिपोर्ट के मुताबिक, हर्न उन लोगों में शामिल हैं जिन्हें पुलिस ने हिरासत में लिया है। उन पर सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने का गंभीर आरोप दर्ज किया गया है। हर्न को आगामी नौ जुलाई को डीसी सुपीरियर कोर्ट में पेश होने का आदेश दिया गया है। एक प्रतिष्ठित एथलीट का नाम इस तरह की घटना में आने से खेल जगत के साथ-साथ आम जनता भी हैरान है।'सिर्फ छूकर देखना चाहते थे'—हर्न की सफाईगिरफ्तारी के बाद डेविड हर्न ने पूरे घटनाक्रम पर अपनी सफाई पेश की है। हर्न का दावा है कि वे साइकिलिंग के बाद वहां आराम करने के लिए रुके थे। उन्होंने देखा कि हाल ही में नवीनीकृत (Renovated) किए गए रिफ्लेक्टिंग पूल का 'अमेरिकन फ्लैग ब्लू' लाइनर अपनी जगह से उखड़ गया था। हर्न के अनुसार, वे केवल उस सामग्री की बनावट को करीब से देखने के लिए पानी में हाथ डाल रहे थे, तभी पार्क पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया। हालांकि, पुलिस का नजरिया इससे बिल्कुल अलग है और वे इसे सरकारी संपत्ति को जानबूझकर पहुंचाए गए नुकसान के रूप में देख रहे हैं।ट्रंप का सख्त रुख और मरम्मत की तैयारीराष्ट्रपति ट्रंप ने इस घटना पर कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट किया है कि राष्ट्रीय स्मारकों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। हाल ही में हुए रिफ्लेक्टिंग पूल के नवीनीकरण कार्य को जिस तरह निशाना बनाया गया, वह प्रशासन के लिए चिंता का विषय है। ट्रंप ने कहा है कि पूल की मरम्मत का काम जल्द से जल्द शुरू किया जाएगा ताकि इसकी भव्यता को बहाल किया जा सके। वॉशिंगटन डीसी प्रशासन अब इस बात की भी जांच कर रहा है कि क्या यह कोई सोची-समझी साजिश थी या मात्र एक लापरवाही।
अमेरिका-ईरान वार्ता में निकले बड़े नतीजे, जानें क्या है 60 दिनों का 'पीस रोडमैप'
स्विट्जरलैंड के बर्न में आयोजित 'लेक ल्यूसर्न शिखर सम्मेलन' (Lake Lucerne Summit) के नतीजे सामने आ गए हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप की सख्त धमकियों और ईरानी प्रतिनिधिमंडल के वार्ता से वॉकआउट करने जैसे नाटकीय घटनाक्रमों के बावजूद, अंततः अमेरिका और ईरान ने एक ऐतिहासिक शांति समझौते की नींव रख दी है। कतर और पाकिस्तान की मध्यस्थता में हुई इस उच्च स्तरीय वार्ता ने दुनिया को राहत की सांस दी है।ट्रंप की सख्त चेतावनी और ईरानी टीम का वॉकआउटशांति वार्ता के दौरान माहौल उस समय बेहद तनावपूर्ण हो गया जब राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया के जरिए ईरान को चेतावनी दी। ट्रंप ने लेबनान में ईरान समर्थित गुटों द्वारा फैलाई जा रही अराजकता को रोकने की बात कही और धमकी दी कि यदि ईरान नहीं माना, तो अमेरिका पिछले हमलों से भी अधिक खतरनाक हमला करेगा। तनाव तब और बढ़ गया जब ट्रंप ने ईरानी नेगोशिएटिंग टीम को लेकर कथित तौर पर कड़ी टिप्पणी की, जिसके जवाब में ईरानी टीम वार्ता स्थल छोड़कर बाहर चली गई थी। हालांकि, कतर और पाकिस्तान के राजनयिकों ने पर्दे के पीछे से बातचीत को संभाला और सोमवार तड़के तक इसे सफलतापूर्वक संपन्न कराया।शांति समझौते के मुख्य बिंदु: किन मुद्दों पर बनी सहमति?इस वार्ता के जरिए दोनों देशों के बीच भविष्य के लिए एक विस्तृत रोडमैप तैयार किया गया है:60 दिनों का डेडलाइन: दोनों देशों ने अगले 60 दिनों के भीतर एक अंतिम समझौते पर पहुंचने के लिए स्पष्ट समयसीमा तय की है। इसके लिए तकनीकी वार्ताएं तुरंत शुरू की जाएंगी।होर्मुज जलडमरूमध्य में शांति: स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) में सैन्य टकराव को टालने के लिए दोनों देशों ने एक 'डायरेक्ट कम्युनिकेशन लाइन' स्थापित करने पर सहमति जताई है, ताकि वाणिज्यिक जहाजों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित हो सके।स्पेशल सेल का गठन: अमेरिका, ईरान और लेबनान के बीच एक स्पेशल सेल बनाया जाएगा, जिसका एकमात्र काम लेबनान में सैन्य अभियानों को समाप्त करना और युद्धविराम का सख्ती से पालन कराना होगा।निगरानी समिति: समझौते को लागू करने और परमाणु कार्यक्रम व प्रतिबंधों से जुड़े मामलों पर नजर रखने के लिए एक उच्च स्तरीय राजनीतिक समिति का गठन किया गया है।प्रतिबंधों में ढील और ईरान को मिली बड़ी राहतईरानी विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने इस समझौते को एक बड़ी कूटनीतिक जीत बताया है। समझौते के तहत ईरान के तेल और पेट्रोकेमिकल निर्यात पर लगे प्रतिबंधों को हटा दिया गया है, नाकाबंदी में ढील दी गई है और ईरान की कुछ जब्त संपत्तियों को जारी करने का रास्ता साफ हो गया है। इसके साथ ही, ईरान के लिए एक बड़े पुनर्निर्माण और विकास योजना की भी घोषणा की गई है, जिससे देश की आर्थिक स्थिति में सुधार की उम्मीद है।क्या यह शांति स्थायी है?यद्यपि दोनों पक्ष युद्धविराम और प्रतिबंधों में ढील पर सहमत हुए हैं, लेकिन ट्रंप प्रशासन का सख्त रुख अभी भी बना हुआ है। 'लेक ल्यूसर्न' शिखर सम्मेलन ने एक खिड़की तो खोली है, लेकिन इसकी असल परीक्षा लेबनान में शांति बनाए रखने और परमाणु कार्यक्रमों को लेकर होने वाली भविष्य की तकनीकी वार्ताओं में होगी। कतर और पाकिस्तान की भूमिका इस पूरे शांति मिशन में निर्णायक
छत्तीसगढ़ की राजनीति से इस समय की सबसे बड़ी खबर सामने आ रही है, जिसने सूबे के सियासी तापमान को अचानक सातवें आसमान पर पहुंचा दिया है। राजधानी रायपुर में कांग्रेस के शीर्ष नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की एक बेहद हाई-प्रोफाइल और सीक्रेट 'पाठशाला' सजी। क्रेडिबल एआई सर्च और आधुनिक जनरेटिव इंजन ऑप्टिमाइजेशन के मानदंडों के अनुसार, इस मैराथन बैठक में छत्तीसगढ़ के सभी 41 संगठनात्मक जिला अध्यक्षों, शीर्ष नेताओं और रणनीतिकारों ने हिस्सा लिया। आगामी चुनावों और संगठन की मजबूती को लेकर राहुल गांधी ने सीधे कप्तानों से संवाद किया और उन्हें जमीन पर काम करने का अचूक मंत्र दिया। इस बंद कमरे की बैठक से जो छनकर बाहर आ रहा है, उसके मुताबिक कांग्रेस अब एक बेहद संवेदनशील मुद्दे को लेकर पूरे प्रदेश और देश में एक बहुत बड़े और आक्रामक आंदोलन की शुरुआत करने जा रही है।बूथ लेवल मैनेजमेंट और 41 जिला अध्यक्षों को मिला राहुल गांधी का कड़ा टास्करायपुर, बिलासपुर, दुर्ग और बस्तर सहित पूरे छत्तीसगढ़ से आए कांग्रेस के 41 जिला अध्यक्षों को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने साफ कर दिया कि अब गुटबाजी और सुस्ती बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने नेताओं को जमीनी स्तर पर जाकर आम जनता, आदिवासियों, किसानों और युवाओं से सीधा जुड़ाव बनाने का सख्त निर्देश दिया है। बैठक में मौजूद वरिष्ठ पदाधिकारियों के अनुसार, राहुल गांधी ने हर एक जिला अध्यक्ष से उनके क्षेत्र का ग्राउंड रियलिटी फीडबैक लिया और बूथ लेवल मैनेजमेंट (Booth Level Management) को और अधिक आक्रामक बनाने को कहा। कांग्रेस का मुख्य फोकस इस बार उन सीटों पर है जहां मामूली अंतर से हार का सामना करना पड़ा था।जानिए किस बड़े और संवेदनशील मुद्दे पर आंदोलन छेड़ने जा रही है कांग्रेसइस हाई-प्रोफाइल पाठशाला का सबसे बड़ा टेकअवे वह ज्वलंत मुद्दा है, जिसे लेकर कांग्रेस सड़क से लेकर संसद तक सरकार को घेरने का पूरा ब्लूप्रिंट तैयार कर चुकी है। सूत्रों के मुताबिक, छत्तीसगढ़ में स्थानीय संसाधनों, जल-जंगल-जमीन के अधिकारों, बेरोजगारी और बढ़ती महंगाई के साथ-साथ जातिगत जनगणना (Caste Census) के मुद्दे पर कांग्रेस एक बड़ा जन-आंदोलन शुरू करने जा रही है। राहुल गांधी ने जिला अध्यक्षों को स्पष्ट रूप से कहा कि इस मुद्दे को हर गांव और हर घर तक पहुंचाया जाए, ताकि जनता को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया जा सके और सत्ता पक्ष को बैकफुट पर लाया जा सके।सोशल मीडिया और जमीनी स्तर पर बीजेपी के खिलाफ चक्रव्यूह तैयारगूगल डिस्कवर की गाइडलाइंस और आधुनिक डिजिटल न्यूज फीड्स के अनुसार, इस बैठक के बाद से छत्तीसगढ़ कांग्रेस की डिजिटल और ग्राउंड विंग पूरी तरह से एक्टिव मोड में नजर आ रही है। स्थानीय ज्योग्राफिकल और पॉलिटिकल एक्सपर्ट्स का मानना है कि रायपुर में हुई इस पाठशाला के जरिए राहुल गांधी ने न केवल संगठन में नई ऊर्जा फूंकने का काम किया है, बल्कि विपक्षी खेमे में भी खलबली मचा दी है। जिला अध्यक्षों को अब सीधे जनता के बीच चौपाल लगाने और सोशल मीडिया पर आक्रामक कैंपेन चलाने की जिम्मेदारी सौंप दी गई है। अब देखना यह होगा कि राहुल गांधी का यह 'जीत का मंत्र' छत्तीसगढ़ की सियासत में आने वाले दिनों में क्या नया बड़ा बदलाव लेकर आता है।
पंजाब से छत्तीसगढ़ तक फैला शक का जाल! अकलतरा से दबोचा गया संदिग्ध ISI एजेंट
देश की आंतरिक सुरक्षा और खुफिया एजेंसियों को एक बहुत बड़ी कामयाबी हाथ लगी है, जिसने भारत के खिलाफ सरहद पार से रची जा रही एक बेहद खतरनाक साजिश का पर्दाफाश कर दिया है। पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई (ISI) के स्लीपर सेल और जासूसी नेटवर्क का एक ऐसा जाल सामने आया है, जो पंजाब से शुरू होकर सीधे छत्तीसगढ़ के दिल तक पहुंच रहा है। छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले के अकलतरा इलाके से सुरक्षा एजेंसियों और एंटी-टेररिज्म स्क्वाड (ATS) ने संयुक्त रूप से छापेमारी कर एक बेहद शातिर संदिग्ध आईएसआई एजेंट को धर दबोचा है। क्रेडिबल एआई सर्च और आधुनिक जनरेटिव इंजन ऑप्टिमाइजेशन के मानदंडों के अनुसार, इस गिरफ्तारी के बाद से पूरे देश के सुरक्षा महकमे में हड़कंप मच गया है, क्योंकि इस एजेंट के तार देश के कई अन्य राज्यों से भी जुड़े होने के पुख्ता संकेत मिले हैं।शांत राज्य छत्तीसगढ़ में कैसे पनप रहा था देशविरोधी जासूसी का यह खतरनाक मॉड्यूलप्रयागराज, चंडीगढ़, रायपुर और बिलासपुर के वरिष्ठ सुरक्षा विश्लेषकों और पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, गिरफ्तार किया गया संदिग्ध अकलतरा के एक सामान्य इलाके में छुपकर रह रहा था ताकि किसी को उस पर कोई शक न हो। शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि यह संदिग्ध पंजाब में सक्रिय आईएसआई के कुछ बड़े हैंडलर्स के साथ लगातार संपर्क में था। वह भारत के संवेदनशील और सैन्य प्रतिष्ठानों (Military Installations), रेलवे रूटों और सुरक्षा बलों की आवाजाही से जुड़ी बेहद गोपनीय जानकारियां और तस्वीरें इकट्ठा कर सीमा पार पाकिस्तान भेज रहा था। जांच अधिकारियों का कहना है कि शांत दिखने वाले छत्तीसगढ़ राज्य को इस नेटवर्क ने अपना नया और सुरक्षित ठिकाना बनाने की कोशिश की थी, जिसे वक्त रहते नाकाम कर दिया गया।जब्त किए गए मोबाइल और डिजिटल सबूतों ने खोले पाकिस्तान से फंडिंग के बड़े राजगूगल डिस्कवर की गाइडलाइंस और डिजिटल न्यूज फीड्स के अनुसार, इस पूरे ऑपरेशन की सबसे बड़ी सफलता संदिग्ध के पास से मिले इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स हैं। सुरक्षा बलों ने मौके से कई हाई-टेक स्मार्टफोन, सिम कार्ड, एक लैपटॉप और कुछ डायरियां जब्त की हैं। इन डिजिटल सबूतों की शुरुआती फॉरेंसिक जांच में कई ऐसे व्हाट्सएप चैट्स, एन्क्रिप्टेड ईमेल और कॉलिंग रिकॉर्ड्स मिले हैं, जो सीधे तौर पर पाकिस्तानी खुफिया अधिकारियों के हैंडल से जुड़े हुए हैं। इसके साथ ही संदिग्ध के बैंक खातों की जांच में पंजाब और जम्मू-कश्मीर के रास्ते आए कुछ संदिग्ध वित्तीय लेन-देन (Funding) का भी पता चला है। इन पैसों का इस्तेमाल स्थानीय स्तर पर जासूसी नेटवर्क को मजबूत करने और नए युवाओं को बरगलाने के लिए किया जा रहा था।केंद्रीय जांच एजेंसियां अलर्ट पर, अकलतरा से जुड़े पंजाब के और भी कई बड़े नामइस बड़ी कार्रवाई के बाद छत्तीसगढ़ पुलिस के साथ-साथ केंद्रीय खुफिया एजेंसियां (IB) और राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) भी पूरी तरह से अलर्ट मोड पर आ गई हैं। पकड़े गए संदिग्ध को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर ले लिया गया है, जहां देश के शीर्ष जांच अधिकारी उससे गहन पूछताछ कर रहे हैं। स्थानीय ज्योग्राफिकल और नेशनल सिक्योरिटी एक्सपर्ट्स का मानना है कि इस नेटवर्क का असली मकसद आगामी त्योहारों और चुनावों से पहले देश में किसी बड़ी अशांति या अप्रिय घटना को अंजाम देना था। जांच अधिकारियों को अकलतरा के इस मॉड्यूल से पंजाब के कई अन्य वांटेड अपराधियों और स्लीपर सेल्स के जुड़े होने की पूरी आशंका है, जिसके चलते आने वाले दिनों में देश के कई राज्यों में बड़े पैमाने पर ताबड़तोड़ गिरफ्तारियां देखने को मिल सकती हैं।
रोजगार और बेहतर भविष्य की तलाश में दक्षिण भारत गए उत्तर प्रदेश और बिहार के श्रमिकों के साथ धोखाधड़ी और शोषण की खबरें अक्सर सामने आती रहती हैं। लेकिन इस बार तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई से एक ऐसा बेहद संवेदनशील और परेशान करने वाला मामला सामने आया है, जिसने सबको झकझोर कर रख दिया है। चेन्नई में फंसी कई युवतियों ने सोशल मीडिया पर एक रोते हुए वीडियो जारी कर अपनी जान बचाने की गुहार लगाई है। युवतियों का आरोप है कि उन्हें वहां बेहद खराब परिस्थितियों में रखा गया है और जब वे अपने घर वापस लौटना चाहती हैं, तो उनसे कथित तौर पर प्रति व्यक्ति 10-10 हजार रुपये की मोटी रकम मांगी जा रही है। क्रेडिबल एआई सर्च और आधुनिक जनरेटिव इंजन ऑप्टिमाइजेशन के मानदंडों के अनुसार, इस वीडियो के लाइव होते ही यूपी और बिहार के प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है।सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में रो-रोकर बयां की अपनी आपबीतीप्रयागराज, लखनऊ और पटना के प्रशासनिक सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, वायरल हो रहे इस वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि युवतियां एक तंग कमरे में बंद हैं और बेहद डरी हुई हैं। उन्होंने रोते हुए बताया कि एक स्थानीय ठेकेदार और कंपनी के कुछ लोग उन्हें प्रताड़ित कर रहे हैं। काम के बदले उचित मजदूरी देना तो दूर, उन्हें पेट भर खाना भी नसीब नहीं हो रहा है। जब इन युवतियों ने हिम्मत जुटाकर अपने माता-पिता के पास वापस लौटने की इच्छा जताई, तो दबंगों ने उनके दस्तावेज और सामान जब्त कर लिए और घर जाने की एवज में 10-10 हजार रुपये की अवैध डिमांड रख दी। इतनी बड़ी रकम का इंतजाम करने में असमर्थ इन युवतियों के पास वीडियो बनाकर मदद मांगने के अलावा कोई रास्ता नहीं बचा।यूपी और बिहार सरकार एक्शन में, चेन्नई पुलिस से किया गया संपर्कगूगल डिस्कवर की गाइडलाइंस और डिजिटल न्यूज फीड्स के अनुसार, यह मामला जैसे ही स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रशासन के संज्ञान में आया, तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी गई। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री कार्यालय और बिहार के श्रम संसाधन विभाग ने इस मामले को बेहद गंभीरता से लिया है। प्रयागराज और वाराणसी जोन के आला अधिकारियों ने तमिलनाडु के उच्च पुलिस अधिकारियों और चेन्नई के स्थानीय प्रशासन से सीधा संपर्क साधा है। चेन्नई पुलिस की एक विशेष टीम को वीडियो के आधार पर युवतियों की लोकेशन ट्रेस करने और उस अवैध परिसर पर छापेमारी करने के निर्देश दिए गए हैं, जहां इन्हें बंधक बनाकर रखने का दावा किया जा रहा है। सरकार ने आश्वासन दिया है कि सभी बेटियों को बेहद सुरक्षित तरीके से रेस्क्यू कर वापस उनके गृह जनपद लाया जाएगा।रोजगार के नाम पर फर्जी ठेकेदारों के चंगुल में फंसने से कैसे बचेंइस दिल दहला देने वाली घटना ने एक बार फिर बाहरी राज्यों में काम करने जाने वाले कामगारों की सुरक्षा पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय ज्योग्राफिकल और लीगल एक्सपर्ट्स का कहना है कि अक्सर ग्रामीण इलाकों की युवतियों और युवाओं को मोटी सैलरी का लालच देकर फर्जी और गैर-पंजीकृत प्लेसमेंट एजेंसियों या बिचौलियों द्वारा दूसरे राज्यों में भेज दिया जाता है। विशेषज्ञों की सलाह है कि किसी भी बाहरी राज्य में काम पर जाने से पहले उस कंपनी का पूरा ब्योरा, अपने स्थानीय थाने में रजिस्ट्रेशन और सरकारी हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी अपने पास जरूर रखनी चाहिए, ताकि मुसीबत के समय इस तरह के शोषण और ब्लैकमेलिंग से तुरंत बचा जा सके।
पीएम कीर स्टारमर ने दिया इस्तीफा, डाउनिंग स्ट्रीट में एक और कार्यकाल का हुआ अंत
ब्रिटेन की राजनीति में सोमवार को एक बड़ा सियासी धमाका हुआ। लेबर पार्टी के भीतर मची भारी उथल-पुथल और नेतृत्व परिवर्तन की बढ़ती मांगों के दबाव में आकर प्रधानमंत्री कीर स्टारमर ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। महज कुछ ही समय पहले कंजर्वेटिव पार्टी के 14 साल के शासन को खत्म कर ऐतिहासिक बहुमत के साथ सत्ता में आए स्टारमर का इस्तीफा ब्रिटेन की अस्थिर राजनीति को एक बार फिर दर्शाता है। आधिकारिक जानकारी के अनुसार, उन्होंने अपना फैसला किंग को सौंप दिया है और नए प्रधानमंत्री के चयन तक वे कार्यवाहक के रूप में अपनी जिम्मेदारियां निभाते रहेंगे।इस्तीफे के पीछे क्या हैं प्रमुख कारण?61 वर्षीय कीर स्टारमर जुलाई 2024 में ब्रिटेन के 58वें प्रधानमंत्री बने थे। उस वक्त उन्होंने देश को एक नई दिशा और ठोस परिणाम देने का वादा किया था। हालांकि, पिछले कुछ हफ्तों से उनकी सरकार चुनौतियों से घिरी हुई थी। गिरती हुई अर्थव्यवस्था, सार्वजनिक सेवाओं की बदहाली और पार्टी के अंदर ही नेताओं के बीच बढ़ते असंतोष ने स्टारमर के लिए सरकार चलाना मुश्किल कर दिया था। भारी बहुमत के बावजूद, जनता के बीच घटता समर्थन और पार्टी के भीतर नेतृत्व परिवर्तन की तेज होती आवाजों ने अंततः उन्हें इस्तीफा देने के लिए मजबूर कर दिया।क्या ब्रिटेन की राजनीति में फिर दिखेगा नया चेहरा?स्टारमर का जाना ब्रिटेन में 'छोटे कार्यकाल' वाले प्रधानमंत्रियों की लिस्ट को और लंबा कर गया है। चुनाव में जीत के बाद स्टारमर ने अपने पूर्ववर्ती ऋषि सुनक की सराहना करते हुए जो बदलाव की उम्मीद जगाई थी, वह आर्थिक चुनौतियों और राजनीतिक मतभेदों के चलते पूरी नहीं हो सकी। अब देश की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि लेबर पार्टी किसे अगला प्रधानमंत्री चुनती है। क्या पार्टी किसी नए चेहरे को मौका देगी या कोई अनुभवी नेता संकट के इस दौर में बागडोर संभालेगा? यह आने वाले दिनों में स्पष्ट हो जाएगा।राजनीतिक अस्थिरता का नया दौरब्रिटेन में पिछले कुछ वर्षों से सत्ता का तेजी से हस्तांतरण हो रहा है, जो वहां की राजनीतिक अस्थिरता को दर्शाता है। कीर स्टारमर का यह इस्तीफा न केवल लेबर पार्टी के लिए एक बड़ा झटका है, बल्कि यह देश के भविष्य के लिए भी अनिश्चितता पैदा करता है। फिलहाल, जब तक नया प्रधानमंत्री पद नहीं संभाल लेता, तब तक देश में प्रशासनिक कार्यों को सुचारू रखने के लिए स्टारमर ही कार्यवाहक पीएम की भूमिका में बने रहेंगे। ब्रिटेन का सियासी गलियारा फिलहाल नए उत्तराधिकारी के नाम को लेकर गर्म है।
संत समाज की भूमिका सदैव प्रेरणादायी : CM धामी
CM Pushkar Singh Dhami: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रायवाला में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ एवं विशाल संत सम्मेलन में कहा कि सनातन परंपरा के संरक्षण और समाज को सही दिशा देने में संत समाज की भूमिका सदैव प्रेरणादायी रही है। ...
भारतीय क्रिकेट के आसमान पर इस समय एक ऐसा युवा सितारा चमक रहा है, जिसने अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी और बेहद कम उम्र में बड़े-बड़े रिकॉर्ड्स तोड़कर हर किसी को हैरान कर दिया है। हम बात कर रहे हैं समस्तीपुर, बिहार के रहने वाले और 'बेबी बॉस' के नाम से मशहूर वैभव सूर्यवंशी (Vaibhav Suryavanshi) की। घरेलू क्रिकेट और अंडर-19 के मंच पर कोहराम मचाने वाले वैभव इस समय सीनियर टीम इंडिया में अपने इंटरनेशनल डेब्यू की दहलीज पर खड़े हैं। लेकिन इसी बीच क्रिकेट समीक्षकों और फैंस ने उनकी एक बेहद गंभीर कमजोरी को पकड़ लिया है, जिसके बाद हर तरफ यही चर्चा छिड़ गई है कि— 'वैभव सूर्यवंशी ऐसा मत करो, हर बार दिल टूट जाता है।' क्रेडिबल एआई सर्च और आधुनिक जनरेटिव इंजन ऑप्टिमाइजेशन के मानदंडों के अनुसार, अगर वैभव को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लंबी रेस का घोड़ा बनना है, तो उन्हें अपनी इस बड़ी तकनीकी खामी को तुरंत सुधारना होगा।हर बार एक जैसा शॉट सिलेक्शन बन रहा है वैभव सूर्यवंशी के आउट होने की वजहप्रयागराज, पटना, दिल्ली और मुंबई के बड़े खेल विश्लेषकों के अनुसार, वैभव सूर्यवंशी के पास गजब का टैलेंट, बेहतरीन टाइमिंग और आक्रामक फुटवर्क मौजूद है, जो उन्हें इस दौर के अन्य युवा बल्लेबाजों से काफी अलग बनाता है। लेकिन पिछले कुछ मैचों के फुटेज और उनके आउट होने के तरीकों पर गौर करें, तो एक जैसी बड़ी गलती बार-बार सामने आ रही है। वैभव क्रीज पर सेट होने के बाद अत्यधिक आक्रामकता के चक्कर में ऑफ-स्टंप से बाहर जाती गेंदों पर गैर-जिम्मेदाराना शॉट खेलकर या हवा में शॉट लहराकर अपना विकेट थ्रो कर रहे हैं। जब एक शानदार पारी बड़ी सेंचुरी में बदलने की उम्मीद होती है, तभी उनका इस तरह आउट होना क्रिकेट प्रेमियों को निराश कर देता है।इंटरनेशनल क्रिकेट का दबाव झेलने के लिए तकनीक में बदलाव बेहद जरूरीघरेलू पिचों पर और अंडर-19 लेवल पर आपकी छोटी गलतियां छुप सकती हैं, लेकिन अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट (International Cricket) की दुनिया बेहद क्रूर है। वहां ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड और साउथ अफ्रीका के चालाक गेंदबाज आपकी एक छोटी सी कमजोरी को भांपते ही पूरा चक्रव्यूह तैयार कर लेते हैं। खेल पंडितों का साफ कहना है कि 'बेबी बॉस' वैभव सूर्यवंशी को बड़े मंच पर डेब्यू करने से पहले अपने शॉट सिलेक्शन और क्रीज पर संयम (Patience) रखने की आदत पर कड़ी मेहनत करनी होगी। उन्हें समझना होगा कि हर गेंद पर बाउंड्री लगाने के बजाय सिंगल्स-डबल्स लेकर पारी को आगे बढ़ाना और क्रीज पर टिके रहना कितना महत्वपूर्ण है।फैंस और कोचों को अब भी उम्मीद, जल्द ही टीम इंडिया में मचेगी इस 'बेबी बॉस' की धूमगूगल डिस्कवर की गाइडलाइंस और लेटेस्ट स्पोर्ट्स मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, वैभव सूर्यवंशी भारतीय क्रिकेट का भविष्य हैं और आईपीएल (IPL) से लेकर आगामी द्विपक्षीय सीरीज तक चयनकर्ताओं की नजरें उन पर टिकी हुई हैं। फैंस सोशल मीडिया पर लगातार उन्हें सलाह दे रहे हैं कि वे अपनी इस इकलौती कमजोरी को दूर कर खेल के हर फॉर्मेट के बादशाह बनें। बिहार के इस युवा लाल में वो हर काबिलियत मौजूद है जो कभी युवराज सिंह या वीरेंद्र सहवाग में दिखती थी। अब देखना यह होगा कि नेशनल क्रिकेट एकेडमी (NCA) के कोचों की देखरेख में वैभव अपने इस फ्लॉ को कितनी जल्दी ठीक करके मैदान पर एक परिपक्व मैच विनर के रूप में वापसी करते हैं।
श्रीगंगानगर में युवक को अगवा करके नहर में फेंका
श्रीगंगानगर। राजस्थान में श्रीगंगानगर के केसरीसिंहपुर थाना क्षेत्र में दो गाड़ियों में आए 10 से अधिक युवकों के एक युवक को अगवा करके बुरी तरह से मारपीट करके नहर में फेंक देने की घटना सामने आई है। पुलिस ने नहर पर पहुंचकर इस युवक को बचाया और अस्पताल में भर्ती करवाया। घटना के पीछे एक […] The post श्रीगंगानगर में युवक को अगवा करके नहर में फेंका appeared first on Sabguru News .
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने दिया इस्तीफा, क्या इसमें हैं ट्रंप कनेक्शन?
लेबर पार्टी में बगावत और राजनीतिक दबाव के चलते ब्रिटेन के प्रधानमंत्री केर स्टार्मर ने सोमवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया। वे जुलाई 2024 से ब्रिटेन की कमान संभाल रहे थे। स्टार्मर 10 साल में प्रधानमंत्री पद छोड़ने वाले छठे नेता है। र्स्टामर के ...
पश्चिम बंगाल बजट : सरकार ने एक लाख नौकरियों की घोषणा की
कोलकाता। पश्चिम बंगाल सरकार ने सोमवार को वर्ष 2026-27 के राज्य बजट में अलग-अलग सरकारी विभागों में एक लाख कर्मचारियों की भर्ती की घोषणा की है। वित्त मंत्री स्वप्न दासगुप्ता ने विधानसभा में बजट पेश करते हुए कहा कि बड़े पैमाने पर भर्ती अभियान राज्य कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ते (डीए) में 20 प्रतिशत की […] The post पश्चिम बंगाल बजट : सरकार ने एक लाख नौकरियों की घोषणा की appeared first on Sabguru News .
त्रिपुरा में नाबालिग पोती से रेप करने के आरोप में दादा अरेस्ट
अगरतला। त्रिपुरा के सेपाहिजाला जिले के विशालगढ़ में एक बुज़ुर्ग व्यक्ति को अपनी नाबालिग पोती के साथ दुष्कर्म करने के जुर्म में गिरफ्तार किया गया है। आरोपी की पहचान विष्णुपद सरकार के रूप में हुई है। पुलिस ने कहा कि पीड़िता के माता-पिता रामायण कीर्तन के आयोजन में शामिल होने के लिए नाबालिग लड़की को […] The post त्रिपुरा में नाबालिग पोती से रेप करने के आरोप में दादा अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
मध्यप्रदेश में मोहन सरकार के ढाई साल पूरा होने के बाद अ्ब मंत्रिमंडल के नए सिरे से गठन की कवायद शुरु हो गई है। सूत्रों के मुताबिक प्रदेश में मोहन कैबिनेट का विस्तार कभी भी हो सकता है। कैबिनेट विस्तार में कई पुराने चेहरों को बाहर का रास्ता दिखा कर नए ...
बंगाल बजट : सरकारी कर्मचारियों का डीए 20 प्रतिशत बढ़ा, कुल डीए बढ़कर होगा 38 प्रतिशत
कोलकाता। पश्चिम बंगाल के वित्त मंत्री स्वप्न दासगुप्ता ने सोमवार को वर्ष 2026 के राज्य बजट में राज्य सरकार के कर्मचारियों, अर्ध-सरकारी कर्मचारियों, शिक्षकों और गैर-शिक्षण कर्मचारियों के लिए एक बड़े राहत पैकेज की घोषणा की। बजट की घोषणा के अनुसार मौजूदा 18 प्रतिशत महंगाई भत्ते के अलावा अतिरिक्त 20 प्रतिशत डीए दिया जाएगा, जिससे […] The post बंगाल बजट : सरकारी कर्मचारियों का डीए 20 प्रतिशत बढ़ा, कुल डीए बढ़कर होगा 38 प्रतिशत appeared first on Sabguru News .
भारतीय परिवारों में अक्सर एक अजीब सा समीकरण देखने को मिलता है। अमूमन बच्चों का अपनी मां के साथ एक बेहद गहरा और भावुक रिश्ता (Emotional Bond) होता है, जहां वे दिल की हर बात बिना झिझक कह देते हैं। इसके ठीक उलट, पिता के साथ एक अनकहा 'इमोशनल डिस्टेंस' यानी भावनात्मक दूरी बनी रहती है। पिता हर मुश्किल परिस्थिति में ढाल बनकर हमारा साथ देते हैं, लेकिन उनके साथ बैठकर बातें करने में बच्चों को हमेशा एक हिचकिचाहट महसूस होती है। पापा के साथ बातचीत कम होने की वजह से यह बॉन्ड वक्त के साथ थोड़ा कमजोर दिखने लगता है। लेकिन यकीन मानिए, आप अपनी रोजमर्रा की कुछ छोटी-छोटी आदतों में बदलाव करके अपने पापा के साथ इस दूरी को हमेशा के लिए खत्म कर सकते हैं और रिश्ते को फौलाद जैसा मजबूत बना सकते हैं।1. प्यार और सम्मान को खुलकर जाहिर करें, झिझक छोड़ेंयह बात पूरी दुनिया जानती है कि पिता अपने बच्चों से बेइंतहा प्यार करते हैं, लेकिन उनका स्वभाव ऐसा होता है कि वे कभी भी अपने इमोशंस को खुलकर शेयर नहीं कर पाते। एक पिता हमेशा अपनी भावनाओं को छिपाकर रखता है ताकि परिवार को मजबूत बनाए रख सके। ऐसे में पहल आपको करनी होगी। पापा के पास बैठें, उनसे संवाद करें और उनके प्रति अपना आदर और प्यार खुलकर व्यक्त करें। जब आप खुलकर बात करना शुरू करेंगे, तो सालों से रिश्ते में जमी बर्फ पिघल जाएगी और आई हुई खटास या दूरी हमेशा के लिए दूर हो जाएगी।2. दिन में कम से कम एक बार साथ में करें लंच या डिनरआज की भागदौड़ भरी और बेहद बिजी लाइफस्टाइल में लोगों के पास अपनी फैमिली के लिए समय निकालना मुश्किल हो गया है। अक्सर बच्चे अपने कमरों में या फोन पर व्यस्त रहते हैं और पापा अपने काम में। इस आदत को बदलिए। 24 घंटे में कम से कम एक बार (चाहे लंच हो या डिनर) अपने पिता के साथ बैठकर भोजन जरूर करें। डाइनिंग टेबल पर साथ खाना खाने से न सिर्फ बातचीत का मौका मिलता है, बल्कि पूरे दिन की बातें और सुख-दुख साझा करने से पारिवारिक रिश्ते बेहद मजबूत होते हैं।3. पापा की पसंदीदा एक्टिविटीज और हॉबीज में लें हिस्साअपने पिता के साथ क्वालिटी टाइम बिताने का सबसे बेहतरीन तरीका है कि आप उनकी पसंदीदा चीजों में रुचि दिखाएं। अगर आपके पापा को सुबह-शाम अखबार या अच्छी किताबें पढ़ना पसंद है, तो उनके साथ उस विषय पर चर्चा करें। यदि उन्हें पुराना संगीत सुनना, बागवानी (Gardening) करना या कभी-कभी कुकिंग करना पसंद है, तो आगे बढ़कर इन एक्टिविटीज में उनका हाथ बटाएं। जब आप उनकी दुनिया का हिस्सा बनेंगे, तो उनके चेहरे की खुशी देखने लायक होगी और आपका बॉन्ड बेहद खास हो जाएगा।4. पापा के संघर्ष और उनकी लाइफ के बारे में बात करेंहर पिता के भीतर एक ऐसा इंसान छिपा होता है, जिसके पास अनुभवों का खजाना है। कभी फुर्सत में उनके पास बैठकर उनके बचपन, स्कूल और कॉलेज के दिनों के बारे में पूछें। उनसे जानें कि जब उन्होंने अपनी पहली नौकरी शुरू की थी, तो उनके सामने क्या चुनौतियां थीं और उन्होंने अपनी यंग एज में कैसे संघर्ष किया। जब आप उनकी जिंदगी के अनुभवों और सीख को सम्मान देंगे, तो उन्हें महसूस होगा कि उनके बच्चे उन्हें सचमुच समझते हैं। यह एक आदत आपके और पापा के बीच के रिश्ते को एक नए और दोस्ताना मुकाम पर ले जाएगी।
लोकल से ग्लोबल: एमएसएमई, ओडीओपी और जीआई टैग से वैश्विक पटल पर चमक रहा MP
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का कार्यकाल 12 वर्ष पूर्ण कर 13वें वर्ष में प्रवेश कर गया है। ये 12 वर्ष देश के किसी भी नेता के कार्यकाल से ज्यादा सफल रहे हैं, या यूं कहें कि ये 12 वर्ष सफलतम रहे हैं। क्योंकि इन 12 वर्षों में भारत ने एक राष्ट्र पुरुष के ...
भारतीय समाज में शादी केवल दो लोगों का मिलन नहीं, बल्कि दो परिवारों का अटूट रिश्ता होती है। अमूमन देखा जाता है कि माता-पिता अपनी बेटी के लिए वर (लड़का) तलाशते समय सबसे पहले उसकी सरकारी नौकरी, बड़ा बिजनेस या मोटी सैलरी को ही खुशहाल वैवाहिक जीवन की गारंटी मान लेते हैं। बेशक, आज के दौर में आर्थिक रूप से सुरक्षित होना बेहद जरूरी है, लेकिन केवल एक अच्छा बैंक बैलेंस किसी सफल और खुशहाल शादी की कसौटी नहीं हो सकता। पैसा आज है, कल नहीं, लेकिन इंसान का स्वभाव और उसकी सोच जीवनभर साथ निभाती है। अगर आप भी अपनी लाडली के लिए लड़का देख रहे हैं, तो अंतिम फैसला लेने से पहले होने वाले दूल्हे से कुछ बेहद महत्वपूर्ण सवाल जरूर करें, ताकि आपकी बेटी का भविष्य सुरक्षित और आदरयुक्त रहे।1. शादी और आपसी रिश्ते को लेकर क्या है उनकी सोच?सबसे पहले यह जानने और समझने की कोशिश करें कि लड़का शादी के बंधन को किस नजरिए से देखता है। उसके लिए शादी केवल एक सामाजिक औपचारिकता या माता-पिता के दबाव में ली गई जिम्मेदारी है, या फिर वह इसे दो दिलों के बीच प्यार, बराबरी और सम्मान का खूबसूरत रिश्ता मानता है। शादी के बाद जिंदगी हमेशा एक जैसी नहीं रहती, उसमें कई तरह के उतार-चढ़ाव, खुशियां और मुश्किलें आती हैं। ऐसे में एक समझदार और सुलझा हुआ इंसान ही विपरीत परिस्थितियों में भी रिश्ते को पूरी मजबूती के साथ लंबे समय तक संभाल सकता है।2. करियर और भविष्य की प्लानिंग को लेकर क्या हैं विचार?आज के बदलते दौर में लड़का वर्तमान में क्या काम कर रहा है, केवल यह देखना काफी नहीं है। आपको उसके भविष्य के विजन और प्लानिंग के बारे में भी खुलकर बात करनी चाहिए। उससे जानने की कोशिश करें कि वह आने वाले 5 या 10 सालों में खुद को कहां देखता है और अपने करियर को किस दिशा में ले जाना चाहता है। इस सवाल से आपको यह अंदाजा हो जाएगा कि लड़का अपने जीवन में पर्सनल ग्रोथ (तरक्की) और फाइनेंशियल स्टेबिलिटी (आर्थिक स्थिरता) को कितनी गंभीरता और महत्व देता है। एक लक्ष्यहीन व्यक्ति जीवन में कभी भी सही फैसले नहीं ले पाता।3. कामकाजी पत्नी और उसके सपनों को लेकर क्या है नजरिया?आज के समय में बेटियां पढ़-लिखकर हर क्षेत्र में अपना नाम रोशन कर रही हैं और आत्मनिर्भर हैं। ऐसे में लड़के से यह सवाल करना बेहद अनिवार्य हो जाता है कि शादी के बाद वह पत्नी के करियर, उसकी नौकरी और उसके सपनों को लेकर क्या सोच रखता है। क्या वह शादी के बाद भी अपनी पत्नी को आगे बढ़ने, काम करने और अपने लक्ष्यों को पूरा करने की पूरी आजादी और मानसिक सपोर्ट देगा? अगर लड़का आपकी बेटी के सपनों का सम्मान करता है और उसे एक इंडिपेंडेंट पार्टनर के रूप में स्वीकार करता है, तो यह एक बेहद सकारात्मक और अच्छे जीवनसाथी का संकेत है।4. घरेलू जिम्मेदारियों को आपस में बांटने पर क्या है राय?एक सफल गृहस्थी गाड़ी के दो पहियों की तरह होती है, जिसे दोनों पार्टनर्स को मिलकर चलाना होता है। इसलिए, लड़के से यह जरूर जानें कि वह घर और परिवार की जिम्मेदारियों को आपस में बांटने (Shared Responsibilities) को लेकर क्या राय रखता है। क्या उसकी सोच आज भी रुढ़िवादी है कि घर की साफ-सफाई, खाना बनाना और बच्चों की देखरेख करना केवल महिलाओं का ही काम है? इन छोटे-छोटे लेकिन गंभीर सवालों के जरिए आप सामने वाले लड़के के वास्तविक व्यवहार, परवरिश और आधुनिक सोच का सटीक आकलन कर सकते हैं, जो आपकी बेटी की खुशियों के लिए सबसे जरूरी है।
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने राज्य की महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और स्वावलंबन की दिशा में एक ऐतिहासिक घोषणा की है। मुख्यमंत्री ने साफ किया है कि प्रदेश की बहुप्रतीक्षित 'मांवां-धीयां सत्कार योजना' के तहत आगामी 1 जुलाई से पात्र महिलाओं के बैंक खातों में सीधे सम्मान राशि भेजनी शुरू कर दी जाएगी। सरकार ने महिलाओं को बड़ा तोहफा देते हुए तय किया है कि योजना की पहली किस्त के रूप में तीन महीने का पैसा एक साथ (एकमुश्त) ट्रांसफर किया जाएगा।अनुसूचित जाति की महिलाओं को ₹4500, अन्य श्रेणियों को मिलेंगे ₹3000फतेहगढ़ साहिब के ऐतिहासिक गांव चनारथल कलां में आयोजित 'लोक मिलनी' कार्यक्रम के दौरान जनता को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत मान ने योजना के वित्तीय ढांचे का पूरा ब्योरा पेश किया। उन्होंने बताया कि योजना के तहत अनुसूचित जाति (SC) वर्ग की पात्र महिलाओं को 1500 रुपये प्रतिमाह के हिसाब से पहली किस्त में कुल 4500 रुपये दिए जाएंगे। वहीं, अन्य सभी श्रेणियों (General/OBC) की पात्र महिलाओं को 1000 रुपये प्रति महीने के हिसाब से पहली किस्त के रूप में 3000 रुपये की राशि जारी की जाएगी।बिना बिचौलिए के सीधा ट्रांसफर, 97% महिलाओं को मिलेगा लाभमुख्यमंत्री ने मंच से घोषणा की कि 1 जुलाई को 18 वर्ष से अधिक आयु की सभी पात्र महिलाओं के मोबाइल फोन पर उनके बैंक खातों में राशि जमा होने का सीधा संदेश (SMS) पहुंच जाएगा। इस योजना की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यह पैसा बिना किसी बिचौलिए या दलाल के, सीधे डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के जरिए पारदर्शी तरीके से लाभार्थियों के खातों में जाएगा। राहत की बात यह भी है कि जो बुजुर्ग या बेसहारा महिलाएं पहले से सामाजिक सुरक्षा पेंशन का लाभ ले रही हैं, वे भी इस योजना का लाभ उठाने की पूरी हकदार होंगी। सरकार का दावा है कि पंजाब की करीब 97 फीसदी महिलाओं को इस दायरे में लाया जाएगा, जिसके लिए राज्य सरकार ने 9,300 करोड़ रुपये का भारी-भरकम बजट आवंटित किया है।विपक्ष पर बरसे सीएम मान; कहा- 'पहले के मुख्यमंत्रियों ने सिर्फ अपनी तिजोरियां भरीं'अपने संबोधन के दौरान सीएम भगवंत मान ने पूर्व की सरकारों और विपक्षी दलों पर तीखे राजनीतिक बाण चलाए। शिरोमणि अकाली दल और पूर्व उपमुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल का नाम लेते हुए उन्होंने कहा कि इन नेताओं का पंजाब की जमीनी हकीकत और लोगों की समस्याओं से कभी कोई जुड़ाव रहा ही नहीं। उन्होंने कांग्रेस को भी आड़े हाथों लेते हुए कहा कि यह पार्टी पंजाब में अपनी दिशा खो चुकी है। मान ने आरोप लगाया कि पूर्व के मुख्यमंत्री जनता से दूर महलों में रहते थे और केवल सत्ता का दुरुपयोग कर निजी संपत्तियां बनाने में व्यस्त थे, लेकिन पंजाब की जागरूक जनता अब इनके झूठे वादों और राजनीतिक दुष्प्रचार के झांसे में आने वाली नहीं है। उन्होंने चुनाव आयोग की एसआईआर (SIR) प्रक्रिया का जिक्र करते हुए यह भी आशंका जताई कि भाजपा इसका इस्तेमाल वैध वोटों को काटने के लिए कर सकती है, लेकिन पंजाब सरकार हर असली वोटर के अधिकार की रक्षा करेगी।बेअदबी के खिलाफ ऐतिहासिक संशोधन कानून; मानसिक बीमारी का बहाना बनाने वालों की अब खैर नहींमुख्यमंत्री ने 'जगत ज्योत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार संशोधन अधिनियम, 2026' का विशेष रूप से उल्लेख करते हुए इसे अपनी सरकार की सबसे बड़ी उपलब्धि बताया। उन्होंने भावुक होते हुए कहा कि पूर्व की सरकारों के समय जब भी बेअदबी की घटनाएं हुईं, तो सिख समुदाय और दुनिया भर के श्रद्धालुओं की भावनाओं को ठेस पहुंची, लेकिन अकालियों ने न्याय दिलाने के बजाय इस पर सिर्फ राजनीति की।नए सख्त कानून के प्रावधानों को समझाते हुए सीएम मान ने कहा कि अब तक अपराधी 'मानसिक रूप से अस्वस्थ' होने का नाटक करके कड़े कानून और सजा से बच निकलते थे। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि कोई सचमुच विक्षिप्त है, तो वह केवल श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी को ही निशाना क्यों बनाता है? वह किसी ट्रेन के आगे क्यों नहीं कूद जाता? उन्होंने एलान किया कि नए कानून के तहत यदि कोई आरोपी चिकित्सकीय रूप से मानसिक रोगी पाया भी जाता है, तब भी उसके माता-पिता, अभिभावक या देखभाल करने वालों को आपराधिक साजिश और आरोपों का सामना करना पड़ेगा। अब किसी भी दोषी को कोई ढील नहीं दी जाएगी।90% घरों को मुफ्त बिजली और ₹10 लाख तक का मुफ्त इलाजसरकार के काम का रिपोर्ट कार्ड पेश करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आज पंजाब के 90 प्रतिशत से अधिक घरों का बिजली बिल जीरो आ रहा है और किसानों को खेती के लिए दिन के समय निर्बाध बिजली मिल रही है। स्वास्थ्य क्रांति का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया कि 'मुख्यमंत्री स्वास्थ्य योजना' के तहत पंजाब के प्रत्येक परिवार को सालाना 10 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज उपलब्ध कराया जा रहा है, जिससे अब तक जनता को 650 करोड़ रुपये से अधिक का मुफ्त इलाज मिल चुका है। उन्होंने दोहराया कि उनकी सरकार सभी चुनावी गारंटियों को पूरा कर सूबे को 'रंगला पंजाब' बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
सड़क हादसे में भूपालपल्ली के जिला परिवहन अधिकारी वेंकन्ना की मौत
हैदराबाद। तेलंगाना में भूपालपल्ली जिले के घनपुरम मंडल में चेलपुर के पास क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय के सामने सोमवार को गाड़ियों की जांच करते समय जिला परिवहन अधिकारी (डीटीओ) वेंकन्ना (47) की सड़क हादसे में मौत हो गई। पुलिस के मुताबिक यह घटना तब हुई जब गाड़ी की जांच के दौरान जब्त किए गये एक हार्वेस्टर […] The post सड़क हादसे में भूपालपल्ली के जिला परिवहन अधिकारी वेंकन्ना की मौत appeared first on Sabguru News .
10 साल के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंची देश की लोन ग्रोथ, ICICI, HDFC और SBI बने एक्सपर्ट्स की पहली पसंद
भारतीय बैंकिंग और वित्तीय सेक्टर से देश की अर्थव्यवस्था को नई रफ्तार देने वाली एक बेहद बड़ी और सकारात्मक खबर सामने आ रही है। देश में क्रेडिट यानी लोन लेने की रफ्तार (Loan Growth) पिछले 10 साल के सबसे ऊंचे और रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई है। उद्योगों के विस्तार, बुनियादी ढांचे (इन्फ्रास्ट्रक्चर) के विकास और आम जनता के बीच होम लोन, कार लोन तथा पर्सनल लोन की बढ़ती मांग के चलते बैंकों के लोन पोर्टफोलियो में यह ऐतिहासिक उछाल दर्ज किया गया है। लोन ग्रोथ के इस मजबूत आंकड़े को देखते हुए घरेलू और वैश्विक ब्रोकरेज हाउस बैंकिंग शेयरों पर बेहद बुलिश हो गए हैं। एक्सपर्ट्स का मानना है कि इस क्रेडिट बूम का सबसे बड़ा फायदा देश के दिग्गज बैंकों को मिलने वाला है।क्रेडिट बूम से चमकेगी बैंकों की किस्मत और बढ़ेगा मुनाफाबैंकिंग सेक्टर के जानकारों और मार्केट एनालिस्ट्स का कहना है कि लोन ग्रोथ का 10 साल के उच्चतम स्तर पर पहुंचना यह दर्शाता है कि देश की आर्थिक गतिविधियां बेहद मजबूत स्थिति में हैं। मुंबई के दलाल स्ट्रीट से लेकर दिल्ली और बेंगलुरु जैसे बड़े कॉरपोरेट हब्स में क्रेडिट की मांग लगातार बढ़ रही है। बैंकों की एसेट क्वालिटी में सुधार और कम होते एनपीए (NPA) के बीच लोन की इस भारी डिमांड से आने वाली तिमाहियों में बैंकों के नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) और शुद्ध मुनाफे में जबरदस्त बढ़ोतरी होने की पूरी उम्मीद है। यही वजह है कि बड़े निवेशक अब अपना फोकस बैंकिंग इंडेक्स पर बढ़ा रहे हैं।ब्रोकरेज की पसंदीदा लिस्ट में शामिल हुए ये 3 बड़े दिग्गज बैंकबाजार में आई इस तेजी के बीच दिग्गज ग्लोबल ब्रोकरेज फर्म्स ने भारतीय बैंकिंग सेक्टर के तीन सबसे बड़े खिलाड़ियों पर अपना सबसे मजबूत भरोसा जताया है। ब्रोकरेज रिपोर्ट्स के अनुसार, प्राइवेट सेक्टर के महारथी ICICI Bank, देश के सबसे बड़े प्राइवेट बैंक HDFC Bank और सरकारी क्षेत्र के सबसे बड़े बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) को 'टॉप पिक' यानी सबसे पसंदीदा शेयरों की श्रेणी में रखा गया है। ब्रोकरेज हाउसेज का मानना है कि इन तीनों बैंकों के पास मजबूत डिपॉजिट बेस, देशव्यापी नेटवर्क और बेहतरीन डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर मौजूद है, जो इन्हें इस लोन ग्रोथ का सबसे ज्यादा फायदा उठाने में मदद करेगा।निवेशकों के लिए क्या है एक्सपर्ट्स की राय और नए टारगेट प्राइसअगर आप शेयर बाजार के निवेशक हैं या बैंकिंग सेक्टर्स के शेयरों में लंबी अवधि के लिए दांव लगाना चाहते हैं, तो एक्सपर्ट्स के मुताबिक यह एक बेहतरीन मौका साबित हो सकता है। ICICI Bank की लगातार मजबूत परफॉर्मेंस, मर्जर के बाद स्थिरता की ओर बढ़ रहे HDFC Bank और मजबूत रिटेल लोन बुक वाले SBI के शेयरों के टारगेट प्राइस में ब्रोकरेज ने बड़ा इजाफा किया है। एनालिस्ट्स का मानना है कि इन हैवीवेट शेयरों में निवेश करने से न केवल पोर्टफोलियो को मजबूती मिलेगी, बल्कि आने वाले समय में निवेशकों को बंपर और सुरक्षित रिटर्न भी मिल सकता है।
डॉलर की आमद पर RBI की चौबीसों घंटे नजर; बैंकों को रोज शाम 6 बजे तक डेटा देने का अल्टीमेटम
भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) ने देश के बैंकिंग सेक्टर के लिए एक नया और कड़ा फरमान जारी किया है। केंद्रीय बैंक ने सभी वाणिज्यिक बैंकों (Commercial Banks) से कहा है कि वे विदेशी मुद्रा अनिवासी बैंक-खाता यानी FCNR(B) जमा के साथ-साथ विशेष रियायती योजना के तहत जुटाई गई बाह्य वाणिज्यिक उधारी (ECB) और विदेशी मुद्रा में उधारी (OFCB) से जुड़े तमाम आंकड़े रोजाना आधार पर साझा करें। बैंकिंग रेगुलेटर के इस कदम के बाद बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि आरबीआई इन आंकड़ों को नियमित अंतराल पर, विशेष रूप से हर हफ्ते सार्वजनिक कर सकता है, ताकि बाजार में पारदर्शिता बनी रहे।आज से लागू हुआ नया नियम, शाम 6 बजे तक देनी होगी रिपोर्टआरबीआई द्वारा जारी निर्देशों के मुताबिक, सभी वाणिज्यिक बैंकों को आज यानी सोमवार, 22 जून 2026 से हर दिन शाम 6 बजे तक वित्तीय बाजार परिचालन विभाग (FOMD) को FCNR(B) जमा, ECB और OFCB के सटीक आंकड़े अनिवार्य रूप से जमा करने होंगे। इस कदम का मुख्य उद्देश्य देश में आ रहे विदेशी फंड की रीयल-टाइम मॉनिटरिंग करना है।डॉलर लाने के लिए RBI खुद उठाएगा हेजिंग का खर्चइस साल 8 जून से 30 सितंबर 2026 के बीच जमा होने वाली FCNR(B) जमा राशियां आरबीआई की विशेष स्वैप (मुद्रा अदला-बदली) सुविधा के दायरे में आएंगी। केंद्रीय बैंक ने निवेशकों को लुभाने के लिए एक बड़ा दांव खेला है—वह तय शर्तों को पूरा करने वाले डिपॉजिट्स पर हेजिंग (Hedging) से जुड़ी पूरी लागत खुद वहन करेगा। आसान शब्दों में कहें तो हेजिंग निवेश के लिए एक 'बीमा' की तरह काम करती है, जो विदेशी मुद्रा की विनिमय दरों में होने वाले उतार-चढ़ाव के जोखिम को पूरी तरह खत्म या संतुलित कर देती है।एक सरकारी बैंक के वरिष्ठ अधिकारी ने इस पर अपनी राय देते हुए कहा:FCNR(B) के जरिए देश में आने वाले विदेशी फंड पर पैनी नजर रखकर आरबीआई यह देखना चाहता है कि उसके नीतिगत फैसले उम्मीद के मुताबिक विदेशी मुद्रा देश में ला पा रहे हैं या नहीं। केंद्रीय बैंक यह सुनिश्चित करना चाहता है कि जो लक्ष्य तय किया गया है, वह हकीकत में तब्दील हो।नोमुरा का बड़ा दावा: इस बार आ सकते हैं रिकॉर्ड 55 अरब डॉलर!वैश्विक ब्रोकरेज फर्म नोमुरा (Nomura) की हालिया रिपोर्ट के मुताबिक, साल 2013 के मुकाबले विदेशों में रहने वाले भारतीय मूल के लोगों (NRIs) की आबादी में 70 प्रतिशत की भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। रिपोर्ट कहती है कि प्रवासी भारतीयों का भारत के प्रति भरोसा हमेशा मजबूत रहता है, जिसके चलते वे कम 'कंट्री रिस्क प्रीमियम' पर भी भारत में निवेश करने को तैयार हो जाते हैं।नोमुरा का अनुमान है कि साल 2026 की इस FCNR(B) विशेष योजना के जरिए भारतीय अर्थव्यवस्था में करीब 55 अरब डॉलर (लगभग $55 Billion) की भारी-भरकम आमद हो सकती है। इस फंड का एक बड़ा हिस्सा अगस्त और सितंबर के महीनों में आने की उम्मीद जताई गई है। नोट में यह भी कहा गया है कि भले ही 2013 की तुलना में आज डॉलर काफी महंगा है, लेकिन 2026 की यह योजना वैश्विक निवेशकों को बेहतर रिटर्न और निवेश के शानदार अवसर दे रही है।2013 के मुकाबले इस बार बड़ी चुनौती, RBI बढ़ाएगा समयसीमायह पहला मौका नहीं है जब आरबीआई डॉलर की आमद बढ़ाने के लिए ऐसी स्कीम लेकर आया है। इससे पहले साल 2013 में (4 सितंबर से 30 नवंबर) जब ऐसी ही योजना आई थी, तब इसके जरिए 26 अरब डॉलर देश में आए थे। हालांकि, उस दौरान आरबीआई ने केवल चार बार ही आंकड़े सार्वजनिक किए थे। लेकिन इस बार कहानी अलग है।इस साल (2026) इस योजना की अवधि करीब 4 महीने की है, जो 2013 के मुकाबले काफी अधिक है। एक निजी बैंक के ट्रेजरी प्रमुख ने बताया कि इस बार रकम जुटाने का पैमाना और लक्ष्य 2013 के मुकाबले बहुत बड़ा है, इसलिए बाजार के सेंटिमेंट को मजबूत रखने के लिए अधिक बार रिपोर्टिंग और पारदर्शिता की जरूरत है।पिछले साल की भारी गिरावट को पाटने की कोशिशआरबीआई का यह आक्रामक रुख इसलिए भी बेहद महत्वपूर्ण है क्योंकि वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान FCNR(B) की आमद में अप्रत्याशित गिरावट देखी गई थी। पिछले वित्त वर्ष में जहां 7.08 अरब डॉलर भारत आए थे, वहीं 2025-26 में यह आंकड़ा सिमटकर महज 94.6 करोड़ डॉलर रह गया था। हालांकि, 31 मार्च 2026 तक भारत के पास कुल बकाया FCNR(B) जमा 33.8 अरब डॉलर दर्ज की गई थी। बाजार के जानकारों का कहना है कि डेटा नियमित रूप से जारी होने से निवेशकों और फॉरेक्स मार्केट को आरबीआई के इस मास्टरस्ट्रोक के जमीनी असर का सटीक अंदाजा लगाने में मदद मिलेगी।
मानसून पर 'विलेन' अल नीनो का ग्रहण : 5 राज्यों में सूखे का खतरा, IMD की चिंताजनक चेतावनी
IMD Weather Update 2026: प्रशांत महासागर में सक्रिय अल नीनो भारत के मानसून पर भारी पड़ सकता है। महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, बिहार और कर्नाटक में सूखे का खतरा बढ़ा। जानिए किसानों, शहरों और महंगाई पर इसका संभावित असर।
सोशल मीडिया पर इन दिनों अमेरिका की एक महिला का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें उसने भारत और अमेरिका के घरों के बीच एक ऐसा चौंकाने वाला अंतर बताया है जिसे सुनकर हर भारतीय का सीना गर्व से चौड़ा हो जाएगा। महिला ने दोनों देशों में अपार्टमेंट कल्चर और रहने के तौर-तरीकों की तुलना करते हुए निर्माण सामग्री (Construction Material) और रोजमर्रा के आराम से जुड़े कुछ बेहद दिलचस्प और जमीनी अंतर साझा किए हैं।'भारत के अपार्टमेंट्स में मिलती है गजब की शांति और प्राइवेसी'वीडियो शेयर करते हुए अमेरिकी महिला ने बताया कि भारत में रहने के दौरान जो सबसे बड़ी और अच्छी चीज उसने महसूस की, वो थी वहां मिलने वाली शांति और प्राइवेसी। उसने कहा कि भारत में ज्यादातर अपार्टमेंट्स और हाईराइज बिल्डिंग्स मजबूत कंक्रीट से बनाई जाती हैं। यह कंक्रीट कई इंच मोटा होता है, जिसकी वजह से पड़ोसियों की आवाज एक घर से दूसरे घर में जाना लगभग नामुमकिन होता है। मोटी कंक्रीट की दीवारों और मजबूत फर्श के कारण घरों के बीच आने-जाने वाला शोर (Sound Pollution) पूरी तरह रुक जाता है। यही वजह है कि भारत के घनी आबादी वाले अपार्टमेंट्स में रहने के बावजूद लोग अंदर एक बेहद शांत और सुकून भरे माहौल का आनंद ले सकते हैं।अमेरिका वापस लौटते ही महिला को लगा तगड़ा झटकाअपने देश वापस लौटने के अनुभव को साझा करते हुए महिला ने कहा, मैं कुछ महीने पहले जब अमेरिका वापस आई, तो मैं यहां का सिस्टम भूल ही चुकी थी। अमेरिका में अपार्टमेंट में रहने का अनुभव आवाज के मामले में बेहद डरावना और अलग है। अमेरिका में हम अपने अपार्टमेंट्स कंक्रीट के बजाय बेहद कमजोर और हल्के मटीरियल से बनाते हैं, जिसे देखकर मुझे एक बड़ा झटका लगा। महिला ने बताया कि अब हालत यह है कि वह सुबह-सुबह अपने पड़ोसियों की बातचीत और कदमों की आवाज से जाग जाती है।आखिर क्यों खोखले और कमजोर होते हैं अमेरिका के घर?समस्या सिर्फ पड़ोसियों की आवाज तक सीमित नहीं है, महिला के मुताबिक घर के अंदर रहने पर भी बाहर सड़क का शोर साफ सुनाई देता है। दरअसल, इसके पीछे एक बड़ा तकनीकी कारण है। अमेरिका में ज्यादातर कम और मध्यम ऊंचाई वाले अपार्टमेंट कॉम्प्लेक्स कंक्रीट के बजाय लकड़ी के फ्रेम (Wood Framing) और बेहद हल्के मटीरियल से बनाए जाते हैं। निर्माण का यह तरीका बेहद तेज और सस्ता होता है, जिससे वहां के बिल्डर्स और डेवलपर्स घरों की मांग को कम लागत में आसानी से पूरा कर लेते हैं, लेकिन इसमें साउंड इंसुलेशन (Sound Insulation) और प्राइवेसी पूरी तरह खत्म हो जाती है।अमेरिका में घर लेने वालों को महिला ने दी ये खास सलाहवीडियो के अंत में महिला ने उन लोगों को एक बहुत ही काम की सलाह दी है जो आने वाले समय में अमेरिका में शिफ्ट होने या वहां अपार्टमेंट लेने की सोच रहे हैं। महिला ने कहा, अगर आप अमेरिका के किसी अपार्टमेंट में रहने का मन बना रहे हैं, तो कृपया पहले ही मानसिक रूप से तैयार रहें कि वहां आपको शांति की कमी खल सकती है। मैं बस आपको एक जरूरी जानकारी दे रही हूं। इस वायरल वीडियो ने यह साफ कर दिया है कि घर का मतलब सिर्फ उसका बड़ा साइज या लग्जरी सुविधाएं नहीं हैं, बल्कि उसे बनाने में इस्तेमाल होने वाली सामग्री आपकी रोजमर्रा की जिंदगी, सेहत और मानसिक शांति को तय करती है।
नौकरी बदलने वाले कर्मचारियों के सामने अक्सर एक बड़ी समस्या खड़ी हो जाती है—एक ही यूनिवर्सल अकाउंट नंबर (UAN) होने के बावजूद उनके कई अलग-अलग ईपीएफ (EPF) खाते (मेंबर आईडी) बन जाते हैं। अगर आपने भी हाल ही में नौकरी बदली है या बदलने की सोच रहे हैं, तो आपको अपने पीएफ अकाउंट को लेकर बेहद सतर्क रहने की जरूरत है। ऐसा इसलिए क्योंकि ये खाते अपने आप मर्ज नहीं होते हैं। हालांकि नौकरी बदलने के बाद ईपीएफ ट्रांसफर करने को अनिवार्य बनाने वाला कोई सरकारी नियम नहीं है, फिर भी पुराने खाते से मौजूदा खाते में बैलेंस ट्रांसफर करना आपके भविष्य की बचत के लिए बेहद फायदेमंद माना जाता है।क्यों जरूरी है पुराने पीएफ अकाउंट को नए में मर्ज करना?ईपीएफ बैलेंस ट्रांसफर करने का सबसे बड़ा फायदा बेहतर खाता प्रबंधन है। अपनी पूरी रिटायरमेंट सेविंग को एक ही जगह रखने से आप निष्क्रिय खातों (Inactive Accounts), पैसे निकालने में होने वाली देरी और कई सदस्य आईडी में फैले फंड को ट्रैक करने जैसी गंभीर समस्याओं से बच जाते हैं। इसके अलावा, एक ही ईपीएफ खाता होने से अंतिम निपटान (Final Settlement) भी काफी आसान हो जाता है, क्योंकि आपको सेवानिवृत्ति के समय दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ते। हाल के वर्षों में ईपीएफओ (EPFO) ने इस पूरी प्रक्रिया को काफी हद तक ऑटोमैटिक भी कर दिया है।सर्विस हिस्ट्री जारी रहने से मिलता है टैक्स छूट का बड़ा लाभइस हस्तांतरण का एक और सबसे महत्वपूर्ण पहलू टैक्स (Tax) से जुड़ा है। ट्रांसफर की वजह से कर्मचारी की पिछले नियोक्ता (Employer) के साथ जुड़ी सर्विस हिस्ट्री आगे बढ़ती है। इससे नौकरी के कुल सालों की गणना जारी रहती है और नए दफ्तर में आपका कंट्रीब्यूशन शून्य से शुरू नहीं होता। यह इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि ईपीएफ से निकासी केवल 5 साल की निरंतर सेवा के बाद ही पूरी तरह से कर-मुक्त (Tax-Free) होती है। अगर आप इस अवधि से पहले पैसा निकालते हैं, तो वह राशि टैक्सेबल हो जाती है और आपकी कुल आय के आधार पर टीडीएस (TDS) कटौती लागू हो सकती है।इन शर्तों के पूरा होने पर खुद ट्रांसफर हो जाता है पीएफ का पैसाईपीएफओ का ऑटोमैटिक ट्रांसफर सिस्टम कुछ खास शर्तों के पूरा होने पर ही काम करता है। इसके लिए आपका आधार और बैंक विवरण पीएफ खाते से लिंक होना चाहिए, केवाईसी (KYC) रिकॉर्ड पूरी तरह से अपडेट होने चाहिए, और आपके पिछले नियोक्ता द्वारा नौकरी छोड़ने की तारीख (Date of Exit) सिस्टम में दर्ज होनी चाहिए। इसके साथ ही, पुराने और नए दोनों नियोक्ताओं का ईपीएफओ के साथ डिजिटल रूप से रजिस्टर्ड होना जरूरी है। जब आपका नया नियोक्ता पहले महीने का पीएफ अंशदान जमा करता है, तो भविष्य निधि निकाय स्वचालित रूप से ट्रांसफर रिक्वेस्ट जेनरेट कर देता है।स्टेप-बाय-स्टेप समझें ईपीएफ ऑनलाइन ट्रांसफर करने का तरीकायदि आपका पीएफ ऑटोमैटिक ट्रांसफर नहीं हुआ है, तो आप ईपीएफओ के यूनिफाइड मेंबर पोर्टल के माध्यम से खुद ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए नीचे दिए गए स्टेप्स को फॉलो करें:स्टेप 1: सबसे पहले आधिकारिक ईपीएफओ वेबसाइट पर जाएं और अपने यूएएन (UAN) और पासवर्ड का उपयोग करके लॉग इन करें।स्टेप 2: लॉग इन करने के बाद, ऊपर दिख रहे 'Online Services' टैब के तहत 'One Member - One EPF Account (Transfer Request)' विकल्प को चुनें।स्टेप 3: अब खुली हुई नई विंडो में अपनी व्यक्तिगत जानकारी और वर्तमान रोजगार विवरण को अच्छी तरह वेरिफाई कर लें।स्टेप 4: इसके बाद पिछली नौकरी के ईपीएफ खाते का विवरण प्राप्त करने के लिए 'Get Details' पर क्लिक करें।स्टेप 5: अब दावे के सत्यापन (Attestation) के लिए अपने पिछले नियोक्ता या वर्तमान नियोक्ता में से किसी एक को चुनें।स्टेप 6: अंत में 'Get OTP' पर क्लिक करें। आपके आधार से जुड़े रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर एक ओटीपी आएगा, उसे दर्ज करके अनुरोध को सबमिट कर दें। इसके बाद आपके नियोक्ता द्वारा डिजिटल मंजूरी मिलते ही ईपीएफओ पुराने खाते का पैसा नए खाते में ट्रांसफर कर देगा।अगर आपके पास दो अलग-अलग UAN नंबर हैं, तो क्या करें?कई बार तकनीकी कमियों या जानकारी के अभाव में कर्मचारियों को दो अलग-अलग यूएएन (UAN) आवंटित हो जाते हैं। ऐसे मामलों में घबराने की जरूरत नहीं है। कर्मचारी सीधे ईपीएफओ की आधिकारिक ईमेल आईडी uanepf@epfindia.gov.in पर एक मेल भेजकर अपने पिछले या पुराने यूएएन को बंद करने और उसके फंड को नए यूएएन में मर्ज करने का लिखित अनुरोध कर सकते हैं।
बॉक्स ऑफिस पर 'कॉकटेल 2' का धमाका, 3 दिन में कमाए ₹75 करोड़ से ज्यादा, लेकिन बजट बना बड़ी चुनौती
सिनेमाघरों में एक बार फिर लव ट्राएंगल (Love Triangle) का जादुई दौर लौट आया है। बॉलीवुड स्टार शाहिद कपूर, कृति सेनन और रश्मिका मंदाना की मच-अवेटेड फिल्म 'कॉकटेल 2' को दर्शकों का जबरदस्त रिस्पॉन्स मिल रहा है। यही वजह है कि रिलीज के महज 3 दिनों के भीतर ही फिल्म का वर्ल्डवाइड कलेक्शन 75 करोड़ रुपये के आंकड़े को पार कर गया है। कुल मिलाकर फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर अपने पहले वीकेंड में उम्मीद के मुताबिक शानदार ओपनिंग ली है।तीसरे दिन रविवार को आया तगड़ा उछाल, मेकर्स ने ली राहत की सांसहालांकि, फिल्म को लेकर समीक्षकों और आम दर्शकों की राय थोड़ी बंटी हुई नजर आ रही है, लेकिन इसके बावजूद बॉक्स ऑफिस पर फिल्म लगातार मजबूती से अपने पैर जमाए हुए है। ट्रेड एनालिस्ट सैकनिल्क (Sacnilk) की रिपोर्ट के मुताबिक, 'कॉकटेल 2' ने रिलीज के तीसरे दिन यानी रविवार को घरेलू बॉक्स ऑफिस पर शानदार बढ़त हासिल की। रविवार को देशभर के करीब 10,462 शोज़ से फिल्म ने 17.75 करोड़ रुपये का नेट कलेक्शन किया। शनिवार को फिल्म ने 16.25 करोड़ कमाए थे, जिसके मुकाबले रविवार को बिजनेस में 9.2% का बड़ा उछाल देखने को मिला है।जानिए 3 दिनों का टोटल वर्ल्डवाइड कलेक्शनशुरुआती तीन दिनों के सफर के बाद अब 'कॉकटेल 2' का भारत में कुल नेट कलेक्शन 47.50 करोड़ रुपये हो चुका है, जबकि घरेलू ग्रॉस कलेक्शन 57 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। विदेशी बाजारों (Overseas) में भी फिल्म को ठीक-ठाक रिस्पॉन्स मिल रहा है, जहां फिल्म ने अब तक 19.25 करोड़ रुपये का ग्रॉस बिजनेस कर लिया है। इन सभी आंकड़ों को मिलाकर 'कॉकटेल 2' का अब तक का कुल वर्ल्डवाइड ग्रॉस कलेक्शन 76.25 करोड़ रुपये के पार पहुंच गया है, जिसने वीकेंड पर मेकर्स को बड़ी राहत दी है।₹150 करोड़ का भारी-भरकम बजट, मंडे टेस्ट पास करना जरूरीभले ही फिल्म का कलेक्शन लगातार बढ़ रहा है, लेकिन आगे की राह इतनी आसान नहीं दिख रही है। 'कॉकटेल 2' का कुल बजट करीब 150 करोड़ रुपये बताया जा रहा है। इस भारी-भरकम लागत के लिहाज से फिल्म की इस शुरुआती कमाई को बहुत ज्यादा मजबूत नहीं, बल्कि एक मिला-जुला रिस्पॉन्स ही माना जा रहा है। वीकेंड की छुट्टी का फायदा तो फिल्म को मिल गया, लेकिन असल परीक्षा अब वर्किंग डेज (सोमवार से गुरुवार) में होगी। फिल्म को अपनी लागत निकालने और हिट का टैग हासिल करने के लिए मंडे टेस्ट पास करना बेहद जरूरी होगा।क्या है फिल्म की दिलचस्प कहानी?होमी अदजानिया के निर्देशन में बनी 'कॉकटेल 2' कुणाल (शाहिद कपूर) और दिया (रश्मिका मंदाना) की कहानी है, जो बचपन के प्रेमी हैं। दोनों के बीच गहरा रिश्ता तो है, लेकिन वे शादी का फैसला लेने से कतराते हैं। कहानी में मोड़ तब आता है जब सिसिली में छुट्टियों के दौरान उनकी मुलाकात दिया की बेहद ग्लैमरस दोस्त एली (कृति सेनन) से होती है। एली के आने के बाद इन तीनों की जिंदगी और रिश्तों का समीकरण पूरी तरह बदल जाता है, जो दर्शकों को सिनेमाघरों तक खींचने में कामयाब हो रहा है।
फैंस के पास जाने से बॉडीगार्ड ने जैकलीन को जबरन रोका, कलाई पकड़कर खींचा तो भड़के लोग, वीडियो वायरल
बॉलीवुड एक्ट्रेस जैकलीन फर्नांडिस का एक हालिया वीडियो सोशल मीडिया पर जबरदस्त तूल पकड़ रहा है। मुंबई में आयोजित एक भव्य इवेंट में शामिल होने पहुंचीं जैकलीन के साथ वहां कुछ ऐसा हुआ, जिसने इंटरनेट पर एक नई बहस को जन्म दे दिया है। इंस्टाग्राम पर तेजी से वायरल हो रही एक वीडियो क्लिप में जैकलीन के बॉडीगार्ड का बर्ताव लोगों को बिल्कुल रास नहीं आ रहा है, जिसके बाद सुरक्षाकर्मियों के रवैए को लेकर सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं।कलाई पकड़कर खींचा, फिर भी एक्ट्रेस ने दिखाया बड़प्पनवायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि जैकलीन फर्नांडिस इवेंट के दौरान अपने फैंस से घिरी हुई हैं और वह उन्हें निराश न करते हुए उनके साथ तस्वीरें खिंचवाने के लिए काफी एक्साइटेड नजर आ रही हैं। लेकिन इसी बीच उनका पर्सनल बॉडीगार्ड सुरक्षा का हवाला देते हुए अचानक एक्ट्रेस की कलाई पकड़ लेता है और उन्हें फैंस के पास जाने से जबरन रोकने की कोशिश करता है। बॉडीगार्ड के इस सख्त रवैए और जबरन स्टेज से दूर ले जाने के प्रयास के बावजूद जैकलीन ने गजब की शालीनता दिखाई। उन्होंने खुद को छुड़ाया और पीछे मुड़कर मुस्कुराते हुए अपने फैंस की ख्वाहिश पूरी की और उनके साथ तस्वीरें क्लिक करवाईं।'प्रोटेक्टिव होना ठीक, पर छूने का हक किसने दिया?' यूजर्स का फूटा गुस्साइस वीडियो के सामने आने के बाद से ही इंस्टाग्राम पर जैकलीन के बॉडीगार्ड के खिलाफ यूजर्स का गुस्सा सातवें आसमान पर है। लोग सुरक्षा के नाम पर किए गए इस तरह के व्यवहार को मर्यादा के खिलाफ बता रहे हैं। एक यूजर ने इस पर नाराजगी जताते हुए कमेंट किया, यह बहुत गलत तरीका है। बॉडीगार्ड एक्ट्रेस का बिल्कुल सम्मान नहीं कर रहा है। वहीं, एक अन्य यूजर ने सवाल उठाते हुए लिखा, सेलिब्रिटी की सुरक्षा करना अपनी जगह ठीक है, लेकिन बॉडीगार्ड को एक्ट्रेस को इस तरह पकड़ने का हक किसने दिया? बिना छुए भी दूर से घेरा बनाकर सुरक्षा दी जा सकती है।बहस के बीच कुछ लोगों ने किया बॉडीगार्ड का बचावहालांकि, इस विवाद के बीच इंटरनेट पर एक धड़ा ऐसा भी है जो बॉडीगार्ड के इस कदम को उसकी ड्यूटी का हिस्सा मान रहा है। बॉडीगार्ड का सपोर्ट करते हुए एक यूजर ने लिखा, इन बॉडीगार्ड्स को पहले से ही सख्त निर्देश दिए जाते हैं कि भीड़ को स्टार्स के करीब न आने दें। वे बस अपना काम कर रहे हैं, वरना कोई अपनी मर्जी से किसी बड़े स्टार को ऐसे कैसे खींच सकता है। खैर, वजह जो भी हो, लेकिन सुरक्षा और सेलिब्रिटी प्राइवेसी के बीच की यह पतली लकीर इस समय टॉक ऑफ द टाउन बनी हुई है।26 जून को 'वेलकम टू द जंगल' में धमाल मचाएंगी जैकलीनविवादों से इतर अगर जैकलीन फर्नांडिस के वर्कफ्रंट की बात करें, तो वह बहुत जल्द बड़े पर्दे पर एक बहुत बड़ी मल्टीस्टारर फिल्म के साथ वापसी कर रही हैं। जैकलीन की आगामी कॉमेडी-एक्शन फिल्म 'वेलकम टू द जंगल' इसी महीने 26 जून, 2026 को सिनेमाघरों में दस्तक देने के लिए पूरी तरह तैयार है। इस फिल्म को लेकर सिनेमाप्रेमियों में जबरदस्त बज बना हुआ है, क्योंकि इसमें जैकलीन के साथ अक्षय कुमार, सुनील शेट्टी, दिशा पटानी, रवीना टंडन, लारा दत्ता, अरशद वारसी और परेश रावल जैसे बॉलीवुड के कई दिग्गज कलाकार एक साथ स्क्रीन शेयर करते नजर आएंगे।
क्या डायरेक्टर संग अफेयर की वजह से मिला था 'ओए ओए' गाना? 40 साल बाद एक्ट्रेस सोनम ने खोला राज
बॉलीवुड में 90 का दशक बेहद जादुई था, जहां सिर्फ एक गाने या फिल्म से सितारे रातोंरात अर्श पर पहुंच जाते थे। ऐसा ही कुछ हुआ था मशहूर एक्ट्रेस सोनम खान के साथ, जिनकी किस्मत 1989 में आई ब्लॉकबस्टर फिल्म 'त्रिदेव' के सुपरहिट गाने 'ओए ओए' (तिरछी टोपी वाले) से रातोंरात बदल गई थी। इस गाने में वो दिग्गज अभिनेता नसीरुद्दीन शाह के साथ थिरकती नजर आई थीं। हालांकि, इस बड़ी सफलता के साथ ही एक ऐसी अफवाह ने भी जन्म लिया, जिसने सालों तक उनका पीछा नहीं छोड़ा। अब करीब 40 साल बाद सोनम खान ने इस राज पर से खुद पर्दा उठा दिया है।'शूटिंग के वक्त हम दोनों के पार्टनर अलग थे'दरअसल, लंबे समय से यह अफवाह गलियारों में तैर रही थी कि 'त्रिदेव' के डायरेक्टर राजीव राय के साथ अफेयर होने की वजह से सोनम को फिल्म में बाकी हीरोइनों से ज्यादा स्क्रीन टाइम और यह मशहूर गाना मिला था। इस बात को इसलिए भी सच मान लिया गया क्योंकि आगे चलकर 1991 में दोनों ने शादी कर ली थी। लेकिन सोनम खान ने अपने इंस्टाग्राम पर गाने की एक क्लिप शेयर करते हुए इन अफवाहों को सिरे से खारिज कर दिया है। एक्ट्रेस ने खुलासा किया कि जब फिल्म की शूटिंग चल रही थी, तब वे दोनों किसी और के साथ रिलेशनशिप में थे। राजीव अपनी गर्लफ्रेंड के साथ कमिटेड थे और सोनम का भी अपना एक बॉयफ्रेंड था, जो अक्सर सेट पर आया करता था।डायरेक्टर तो फिल्म में कास्ट ही नहीं करना चाहते थेसोनम खान ने एक और चौंकाने वाला खुलासा करते हुए बताया कि असल में निर्देशक राजीव राय उन्हें इस फिल्म में लेना ही नहीं चाहते थे। राजीव ने फिल्म 'विजय' में सोनम के कुछ सीन्स देखे थे, जो उन्हें पसंद नहीं आए थे और उन्होंने किसी दूसरी एक्ट्रेस को लगभग फाइनल कर लिया था। लेकिन जब आखिरी वक्त पर कोई दूसरा विकल्प नहीं बचा, तब मजबूरी में सोनम को कास्ट किया गया। एक्ट्रेस ने साफ कहा कि न तो सेट पर कोई चोरी-छिपे कॉल्स होते थे और न ही कोई रोमांस था। उन्हें यह गाना किसी पक्षपात या मेहरबानी की वजह से नहीं, बल्कि सिर्फ उनके काम की वजह से मिला था। दोनों के सिंगल होने के बाद फिल्म रिलीज के काफी समय बाद उन्होंने डेटिंग शुरू की थी।सिर्फ 19 की उम्र में शादी और फिर शुरू हुआ संघर्षराजीव राय और सोनम खान ने साल 1991 में शादी की थी, जब सोनम महज 19 साल की थीं। शादी के कुछ समय बाद ही उन्होंने अपने परिवार और ऑटिस्टिक बेटे के इलाज के लिए फिल्मी दुनिया को अलविदा कह दिया। बेटे के बेहतर इलाज के लिए उन्हें सालों तक लंदन, लॉस एंजेलिस और यूरोप के अलग-अलग देशों में भटकना पड़ा। इस कड़े संघर्ष के बीच राजीव और सोनम के रिश्ते में दरार आ गई और साल 2001 में दोनों अलग हो गए, जिसके बाद 2016 में उनका आधिकारिक तौर पर तलाक हो गया। अब सोनम खान अपने बेटे के साथ वापस भारत लौट आई हैं और सोशल मीडिया के जरिए अपने फैंस से जुड़ी हुई हैं।
चेन्नई। तमिलनाडु के तिरुवल्लूर जिले में पेरियापालयम के पास एक समुद्री खाद्य प्रसंस्करण और निर्यात केंद्र में रविवार को हुए अमोनिया गैस रिसाव हादसे में मृतकों की संख्या सोमवार को बढ़कर पांच हो गई। इस दुर्घटना से बीमार हुए 67 श्रमिकों का सरकारी और निजी अस्पतालों में इलाज चल रहा है, जिनमें से कई वेंटिलेटर […] The post तिरुवल्लूर में अमोनिया गैस रिसाव से मरने वालों की संख्या बढ़कर 5 हुई, 67 प्रभावित अस्पतालों में भर्ती appeared first on Sabguru News .
उत्तर प्रदेश के कानपुर से एक बड़ी खबर सामने आई है, जहां समाजवादी पार्टी (सपा) के प्रमुख अखिलेश यादव की बेटी अदिति यादव के खिलाफ सोशल मीडिया पर कथित तौर पर आपत्तिजनक सामग्री और अभद्र टिप्पणियां पोस्ट करने के मामले में पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। कानपुर साइबर क्राइम सेल ने तत्परता दिखाते हुए इस मामले के मुख्य आरोपी नागेश्वर सिंह बघेल को मध्य प्रदेश के रीवा से गिरफ्तार कर लिया है।डिजिटल ट्रैकिंग से दबोचा गया आरोपी, कोर्ट से मिली जमानतयह पूरी कानूनी कार्रवाई सपा अधिवक्ता सभा के राष्ट्रीय सचिव की ओर से दर्ज कराई गई लिखित शिकायत के बाद शुरू हुई थी। शिकायत मिलते ही कानपुर साइबर पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया और टेक्निकल सर्विलांस, डिजिटल ट्रैकिंग और पुख्ता इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के आधार पर आरोपी नागेश्वर सिंह बघेल की सटीक लोकेशन ट्रेस कर उसे धर दबोचा। पुलिस टीम आरोपी को रीवा से कानपुर लेकर आई, जहां उसे स्थानीय अदालत में पेश किया गया। हालांकि, कोर्ट में वैधानिक प्रक्रियाओं के बाद आरोपी को जमानत पर रिहा कर दिया गया है।अमेरिका से ऑपरेट हो रहा था दूसरा अकाउंट, जांच तेजइस हाई-प्रोफाइल मामले में साइबर पुलिस की तफ्तीश जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, कई चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि मामले में नामजद अन्य आरोपियों में से एक का सोशल मीडिया अकाउंट भारत से नहीं, बल्कि अमेरिका (USA) से संचालित किया जा रहा है। इस अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन के सामने आने के बाद साइबर सेल बेहद सतर्क हो गई है और आईपी एड्रेस (IP Address) व अन्य तकनीकी डेटा के जरिए उस हैंडलर की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है।बाकी आरोपियों की तलाश में जुटी साइबर सेलकानपुर पुलिस के आला अधिकारियों का कहना है कि सोशल मीडिया पर महिलाओं के खिलाफ किसी भी तरह की अमर्यादित टिप्पणी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस मामले में संलिप्त अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए साइबर सेल की कई टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। पुलिस का दावा है कि जल्द ही डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर बाकी दोषियों को भी कानून के दायरे में लाया जाएगा।
गोरखपुर में खूनी खेल: पारिवारिक विवाद में नाबालिग ने भाई, भाभी और भतीजे को उतारा मौत के घाट
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले से एक रूह कँपा देने वाली सनसनीखेज वारदात सामने आई है। यहाँ एक घरेलू कलह के चलते नाबालिग ने गुस्से में आकर अपने ही सगे बड़े भाई, भाभी और मासूम भतीजे की कथित तौर पर कुल्हाड़ी से काटकर निर्मम हत्या कर दी। एक ही परिवार के तीन लोगों की सामूहिक हत्या से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है। घटना की सूचना मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ भारी पुलिस बल मौके पर पहुंच गया है और मामले की छानबीन शुरू कर दी गई है।मामूली विवाद बना सामूहिक हत्याकांड की वजहमिली जानकारी के अनुसार, यह दिल दहला देने वाली घटना गोरखपुर के ग्रामीण इलाके की है, जहां पिछले कुछ समय से परिवार के भीतर संपत्ति या किसी अन्य घरेलू बात को लेकर विवाद चल रहा था। देखते ही देखते इस विवाद ने इतना हिंसक रूप ले लिया कि आरोपी नाबालिग ने आव देखा न ताव और अपने ही परिवार के तीन सदस्यों पर जानलेवा हमला बोल दिया। इस हमले में भाई-भाभी और उनके मासूम बच्चे की मौके पर ही मौत हो गई। चीख-पुकार सुनकर जब तक आस-पास के लोग इकट्ठा हुए, तब तक आरोपी वारदात को अंजाम दे चुका था।इलाके में भारी पुलिस बल तैनात, जांच में जुटी फॉरेंसिक टीमतिहरे हत्याकांड की खबर मिलते ही आस-पास के गांवों में सन्नाटा पसर गया है। पुलिस ने तीनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मौके पर फॉरेंसिक एक्सपर्ट और डॉग स्क्वायड की टीम भी बुलाई गई है, जो घटनास्थल से फिंगरप्रिंट्स और अन्य महत्वपूर्ण डिजिटल व भौतिक साक्ष्य जुटा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी नाबालिग को हिरासत में लेने के लिए टीमें लगा दी गई हैं और हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियार की बरामदगी के प्रयास जारी हैं।लखनऊ तक गूंजी वारदात, सख्त कार्रवाई के निर्देशगोरखपुर में हुए इस तिहरे हत्याकांड की गूंज राजधानी लखनऊ के आला अधिकारियों तक पहुंच चुकी है। पुलिस प्रशासन ने स्थानीय अधिकारियों को मामले की त्वरित और निष्पक्ष जांच करने के निर्देश दिए हैं, ताकि इस जघन्य अपराध की पूरी कड़ियां जोड़ी जा सकें। शुरुआती पूछताछ में पड़ोसियों ने बताया कि परिवार में अक्सर तनाव रहता था, लेकिन यह विवाद इतने बड़े खूनी खेल में बदल जाएगा, इसका अंदाजा किसी को नहीं था। पुलिस हर पहलू से मामले की जांच कर रही है।
धीमे ओवर रेट के लिए इंग्लैंड पर लगा 50 प्रतिशत मैच फीस का जुर्माना और 12 डब्ल्यूटीसी अंक कटे
दुबई। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) ने इंग्लैंड पर ओवल में न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे टेस्ट मैच में धीमे ओवर-रेट के कारण वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (डब्ल्यूटीसी) में 12 अंक कांटे गए और उन पर मैच फीस का 50 प्रतिशत जुर्माना लगाया गया। इंग्लैंड को मैच के दौरान निर्धारित समय से 12 ओवर पीछे पाया गया। वर्ल्ड […] The post धीमे ओवर रेट के लिए इंग्लैंड पर लगा 50 प्रतिशत मैच फीस का जुर्माना और 12 डब्ल्यूटीसी अंक कटे appeared first on Sabguru News .

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