नमस्कार, पश्चिम बंगाल में TMC ने स्ट्रांग रूम में EVM से छेड़छाड़ का आरोप लगाया है। चुनाव आयोग ने कहा कि यह नामुमकिन है। उधर, ईरान पर अमेरिका हाइपरसोनिक मिसाइल दागने का प्लान बना रहा है। मॉर्निंग न्यूज ब्रीफ में आगे MP के जबलपुर क्रूज हादसे की बड़ी लापरवाहियों के बारे में बताएंगे... ⏰ आज के प्रमुख इवेंट्स, जिन पर रहेगी नजर... अमित शाह पर टिप्पणी मामले में राहुल गांधी पर दर्ज मानहानि केस में यूपी की सुल्तानपुर कोर्ट में सुनवाई होगी। कल की बड़ी खबरें... 1. TMC का आरोप- EVM से छेड़छाड़; चुनाव आयोग बोला- 3 लेवल की सिक्योरिटी में यह नामुमकिन TMC ने कोलकाता के स्ट्रॉन्ग रूम में EVM से छेड़छाड़ का आरोप लगाया। पार्टी ने दावा किया कि बिना सूचना कमरे खोले गए और संदिग्ध लोग अदंर गए। ये सभी लोग भाजपा पार्टी से थे। TMC ने सबूत के तौर पर सोशल मीडिया पर CCTV फुटेज भी शेयर किया। चुनाव आयोग ने आरोप खारिज करते हुए कहा कि स्ट्रॉन्ग रूम में पोस्टल बैलेट की छंटाई हो रही थी। 3 लेयर की सिक्योरिटी में EVM से छेड़छाड़ नामुमकिन है। बंगाल में 15 बूथ पर दोबारा वोटिंग आज होगी: चुनाव आयोग ने कहा कि 29 अप्रैल को दूसरे फेज की वोटिंग के दौरान इन बूथों पर हिंसा, EVM से छेड़छाड़ की शिकायतें मिली थीं। खबर से जुड़े अहम अपडेट्स... पूरी खबर पढ़ें... 2. ईरान पर हाइपरसोनिक मिसाइलों से हमला कर सकता है अमेरिका, सेना ने ट्रम्प को प्लान बताया अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प को सेना ने ईरान पर हमले का प्लान बताया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिका पहली बार ‘डार्क ईगल’ हाइपरसोनिक मिसाइल का इस्तेमाल कर सकता है। यह 3200 किमी दूर तक मार कर सकती है। इसमें B-1B बॉम्बर भी तैनात किए जा रहे हैं, जो बड़े और सटीक हमले में सक्षम हैं। हमले में ईरान के सैन्य ठिकानों, नेताओं और इन्फ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाया जा सकता है। ईरानी सांसद ने अरब देशों को धमकाया: ईरान के सांसद महमूद नबावियन ने अरब देशों को चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि अगर ईरान के नेताओं पर हमला हुआ, तो अरब देशों के राजा और उनके महल भी सुरक्षित नहीं रहेंगे। ट्रम्प बोले- ईरान को परमाणु हथियार नहीं बनाने देंगे: ट्रम्प ने एक बार फिर कहा है कि ईरान को परमाणु हथियार नहीं बनाने देंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि ईरान की सरकार ने वहां विरोध प्रदर्शन करने वाले 42,000 बेगुनाह लोगों की हत्या की है। यह एक उग्रवादी समूह है, लेकिन हमने उन्हें पूरी तरह कमजोर कर दिया है। खबर से जुड़े अहम अपडेट्स... पूरी खबर पढ़ें... 3. MP क्रूज हादसे के 28 घंटे बाद नया VIDEO, क्रूज के अंदर पानी भरता दिखा; पायलट समेत 3 बर्खास्त MP के जबलपुर में क्रूज हादसे के 28 घंटे बाद नया वीडियो सामने आया है। इसमें क्रूज के अंदर पानी भरता दिख रहा है। जब पानी भरने लगता है, तभी क्रूज के दो कर्मचारी पर्यटकों को लाइफ जैकेट बांटते हैं। तेज हवा, आंधी और ऊंची उठती लहरें क्रूज के अंदर तक घुस रही थीं। इसके बावजूद भी क्रूज को किनारे नहीं लाया गया। हादसे के समय क्रूज ओवरलोड थी, इसमें लगभग 47 पर्यटक सवार थे, लेकिन टिकट केवल 29 लोगों के पास ही थी। मामले में प्रशासन ने क्रूज पायलट महेश पटेल, हेल्पर और टिकट काउंटर प्रभारी को सस्पेंड कर दिया है। पायलट बोले- संभलने का मौका ही नहीं मिला: क्रूज के पायलट महेश ने बताया, 'सुरक्षा के इंतजाम तो थे, लेकिन अचानक आए तूफान के चलते क्रूज अनियंत्रित हो गया। किसी को संभलने का मौका ही नहीं मिला।' महेश को 10 साल का अनुभव है। लाइफ जैकेट में 4 साल के बच्चे को समेटे मिली मां दिल्ली से घूमने एक परिवार आया था। हादसे में मरीना मैसी और उनके चार साल के बेटे त्रिशान की भी मौत हो गई। मां ने अपनी ही लाइफ जैकेट के भीतर अपने बेटे को समेट लिया था। लेकिन दोनों की जान नहीं बच सकी। पिता प्रदीप मैसी और बेटी सिया किसी तरह अपनी जान बचाने में कामयाब रहे। क्रूज हादसे में अब तक 9 शव मिल चुके हैं। 28 लोगों को बचा लिया गया है, जबकि तीन बच्चों समेत 4 लोग अब भी लापता हैं। पूरी खबर पढ़ें... 4. अखिलेश बोले- असली गिरगिट का काम भाजपा कर रही, साजिश नाकाम हुई तो विधानसभा में प्रस्ताव लाए सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने शुक्रवार को लखनऊ में कहा- कल हम लोग सदन में सीएम योगी को सुन रहे थे। पूरी बीजेपी इस कोशिश में है कि महिला आरक्षण के मुद्दे पर यह साबित किया जाए कि विपक्ष इसके खिलाफ है। सच्चाई यह है कि भाजपा देश की नारियों, महिलाओं को आरक्षण देना नहीं चाहती। सपा प्रमुख की 2 बड़ी बातें… 1. भाजपा की साजिश का खुलासा हो गया: सपा प्रमुख ने सीएम के गिरगिट वाले बयान पर पलटवार करते हुए कहा- गिरगिट को करीब से देखिए तो एक रंग से दूसरे रंग में मिलता है। असली गिरगिट का काम तो भाजपा कर रही है। भाजपा की साजिश हार गई, इसलिए ये विधानसभा में प्रस्ताव लेकर आए। इनकी साजिश का खुलासा हो गया। 2. भाजपा की वजह से लोग कानून नहीं मान रहे: ये नारी वंदन को केवल नारा बनाना चाहते हैं। तभी ये सड़क और सदन में ऐसा कर रहे हैं। इनकी भाषा गिरगिटी है। आप खुद जानते हैं कि असली गिरगिट कौन है। महिलाएं कितनी असुरक्षित हैं। भाजपा के काम करने के तरीके की वजह से लोग कानून को नहीं मान रहे हैं। न्यायिक संस्थाओं पर भरोसा नहीं कर रहे। पूरी खबर पढ़ें… 5. आगरा में महिलाओं ने स्मार्ट मीटर उखाड़कर फेंके, सैकड़ों मीटर लेकर बिजली ऑफिस पहुंचीं आगरा में बिजली विभाग के स्मार्ट मीटर को लेकर विरोध-प्रदर्शन किया गया। शुक्रवार को शहर से 20 किमी दूर अकोला कस्बे में सैकड़ों महिलाओं ने घरों से स्मार्ट मीटर उखाड़ लिए। सिर पर मीटर लेकर गांव के बिजली ऑफिस पहुंच गईं और वहां करीब 500 मीटर तोड़ दिए। बोरे में बिजली के मीटर लेकर पहुंचे लोग: स्मार्ट मीटर को लेकर लोगों में काफी गुस्सा देखने को मिला। कई लोग बोरे में भरकर स्मार्ट मीटर लेकर पहुंचे और उन्हें फेंककर विरोध जताया। इसके बाद महिलाएं और ग्रामीण धरने पर बैठ गए। बिजली विभाग के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने महिलाओं और ग्रामीणों को समझा-बुझाकर शांत कराया। महिलाओं ने कहा- स्मार्ट मीटर उन्हें बर्दाश्त नहीं हैं। स्मार्ट मीटरों की व्यवस्था को तत्काल प्रभाव से रोका जाए और बिजली बिलों में हो रही अनियमितताओं की जांच कराई जाए। पूरी खबर पढ़ें… 6. GST कलेक्शन ₹2.42 लाख करोड़, यह अब तक का सबसे ज्यादा भारत के ग्रॉस GST कलेक्शन ने अप्रैल महीने में ₹2.42 लाख करोड़ का नया रिकॉर्ड बनाया। पिछले साल के इसी महीने की तुलना में GST कलेक्शन में 8.7% की बढ़ोतरी हुई है। इस महीने नेट GST कलेक्शन ₹2.11 लाख करोड़ रहा, जो सालाना आधार पर 7.3% ज्यादा है। इम्पोर्ट से होने वाली कमाई में 25.8% की बढ़ोतरी: इस बार GST ग्रोथ में विदेशी व्यापार यानी इम्पोर्ट का बड़ा हाथ रहा है। ग्रॉस इम्पोर्ट रेवेन्यू 25.8% की उछाल के साथ ₹57,580 करोड़ हो गया है। वहीं, ग्रॉस डोमेस्टिक रेवेन्यू यानी घरेलू राजस्व में 4.3% की सामान्य बढ़त देखी गई और यह ₹1.85 लाख करोड़ रहा। पूरी खबर पढ़ें... 7. कॉमर्शियल गैस सिलेंडर ₹994 तक महंगा, 5Kg वाले सिलेंडर के दाम भी ₹261 बढ़े कॉमर्शियल गैस सिलेंडर ₹994 तक महंगा हो गया है। दिल्ली में इसकी कीमत ₹2078.50 से बढ़कर ₹3071.50 पहुंच गई है। 5 किलो वाला ‘छोटू’ (FTL) सिलेंडर भी ₹261 महंगा होकर ₹813.50 का हो गया है। इससे रेस्टोरेंट, कैटरिंग और खाने-पीने की चीजें महंगी हो सकती हैं। हालांकि, घरेलू गैस सिलेंडर के दाम में कोई बदलाव नहीं हुआ। मई में ये 2 बड़े बदलाव भी हुए... पूरी खबर पढ़ें... आज का कार्टून ⚡ कुछ अहम खबरें हेडलाइन में… ️ बयान जो चर्चा में है... खबर हटके… 7 साल का बच्चा तैरकर श्रीलंका से भारत पहुंचा झारखंड के 7 साल के इशांक ने श्रीलंका से भारत तक 29 किमी समुद्र तैरकर पार किया। उन्होंने 9 घंटे 50 मिनट में दूरी पूरी कर सबसे कम उम्र में रिकॉर्ड बनाया। उन्होंने तमिलनाडु के जय जसवंत का पुराना रिकॉर्ड भी तोड़ दिया। जसवंत ने 10 साल की उम्र में यह दूरी 10 घंटे 30 मिनट में पूरी की थी भास्कर की एक्सक्लूसिव स्टोरीज, जो सबसे ज्यादा पढ़ी गईं… करेंट अफेयर्स ⏳आज के दिन का इतिहास ️ मौसम का मिजाज मिथुन राशि वालों के रुके काम पूरे होने के योग हैं। कर्क राशि वालों के लिए कंसल्टेंसी से जुड़े काम फायदेमंद रहेंगे। जानिए आज का राशिफल... आपका दिन शुभ हो, पढ़ते रहिए दैनिक भास्कर ऐप… मॉर्निंग न्यूज ब्रीफ को और बेहतर बनाने के लिए हमें आपका फीडबैक चाहिए। इसके लिए यहां क्लिक करें…
दैनिक भास्कर एप पर यूपी का सबसे बड़ा प्रधान रेटिंग कैंपेन जारी है। इसका उद्देश्य प्रधान के कामों का मूल्यांकन करना है। प्रधानों की रेटिंग को लेकर लखीमपुर खीरी से ललितपुर और सहारनपुर से सोनभद्र तक आम जनता और जनप्रतिनिधियों में उत्साह देखा जा रहा है। लोग अपनी-अपनी ग्राम पंचायतों के प्रधानों को उनके कार्यों के आधार पर रेटिंग दे रहे हैं। ग्राम पंचायत में रहने वाले लोगों ने दैनिक भास्कर की इस पहल का स्वागत करते हुए इसे सराहनीय बताया। उन्होंने कहा कि यह सर्वे जनप्रतिनिधियों को अधिक जिम्मेदारी से कार्य करने की प्रेरणा देगा। दैनिक भास्कर के इस कैंपेन से जनप्रतिनिधियों के कार्य में पारदर्शिता आएगी। अपने प्रधान को रेटिंग देने के लिए यहां क्लिक करें। 30 अप्रैल को रेटिंग लाँच होने के बाद लोगों ने बुंदेली, ब्रज, अवधी, भोजपुरी सहित अन्य स्थानीय बोलियों में इसके वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर शेयर करना शुरू कर दिए। प्रधान और प्रधान के दावेदारों ने अपनी ग्राम पंचायतों में लोगों से संपर्क साधना शुरू कर दिया। ग्रामीण अपने जनप्रतिनिधियों को उनके काम के आधार पर रेटिंग दे रहे हैं। प्रधान रेटिंग 21 मई तक चलेगी। इसके परिणाम 29 को घोषित किए जाएंगे। ये रेटिंग उत्तर प्रदेश के ग्रामीणों के लिए इसलिए भी महत्वपूर्ण है कि वे बिना किसी दबाव और डर के अपनी राय जाहिर कर रहे हैं। मात्र 30 सेकंड में अपने प्रधान का रिपोर्ट कार्ड तैयार कर सकते हैं। रेटिंग की प्रोसेस इतनी आसान बनाई गई है कि मोबाइल पर क्लिक करके ही रेटिंग पूरी कर सकेंगे। इन 5 कामों पर दे रहे रेटिंग पंचायत के रहवासी प्रधान को 5 कामों पेयजल, सड़क, सफाई, रोजगार और शौचालय के काम पर रेटिंग दे रहे हैं। रेटिंग 1 से 5 स्टार तक की होगी। 1 स्टार यानी सबसे खराब और 5 स्टार यानी सबसे अच्छा। जो भी रहवासी रेटिंग दे रहा है, उसका नाम गोपनीय ही रहेगा। मतलब, कोई ये कभी नहीं देख पाएगा कि किस व्यक्ति ने क्या रेटिंग दी है। तत्काल लाइव रिजल्ट भी देखें दैनिक भास्कर एप पर नए सेगमेंट की खास बात ये है कि जैसे ही आप अपनी रेटिंग सबमिट करते हैं, उसी समय आपको अपने गांव के प्रधान को जनता द्वारा दी गई कुल औसत रेटिंग दिखाई देगी। एक क्लिक में साफ हो जाएगा कि गांव की जनता अपने प्रधान के काम से कितनी संतुष्ट है। दी गई रेटिंग गोपनीय रहेगी
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यूपी में स्मार्ट मीटर को लेकर लोगों का गुस्सा अब सड़कों पर फूट पड़ा है। आगरा- फिरोजाबाद समेत कई शहरों में सैकड़ों महिलाएं अपने घरों से स्मार्ट मीटर उखाड़कर सिर पर रखकर बिजली विभाग के दफ्तर पहुंचीं और वहां फेंक दिए। सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने तंज कसते हुए कहा जनता ने चोरी पकड़ ली है। VIDEO में देखिए क्यों लोग गुस्से में हैं?
बागपत में 15 दिन के अंदर दो मर्डर। दोनों की डेडबॉडी सहारनपुर में मिली। इनमें एक संविदा कर्मी विक्रांत, दूसरी उसकी दबंग गर्लफ्रेंड राखी थी। वो राखी, जो कमर में हमेश में पिस्टल लगाकर चलती थी। उसका दो बार तलाक हो चुका था। वह 42 साल के शादीशुदा विक्रांत से प्रेम संबंध में थी। लोग सोचने पर मजबूर हो गए कि ऐसा क्या हुआ कि एक के बाद एक दो मर्डर हो गए। हत्या के करीब 15 दिन बाद मुख्य आरोपी भाजपा युवा मोर्चा नेता सुधारस चौहान को 1 मई (शुक्रवार) को बागपत से गिरफ्तार किया गया तो सारी हकीकत सामने आ गई। डबल मर्डर के पीछे प्रेम-प्रसंग, धोखा, आपसी विवाद, पकड़े जाने का डर और राजनीतिक कनेक्शन है। दो कत्ल के पीछे की कहानी और किरदारों के बारे में विस्तार से जानिए… विक्रांत मूल रूप से प्रयागराज के रहने वाले थे। बागपत स्थित डूडा (जिला नगरीय विकास अभिकरण) में 2018 से संविदा कर्मी तैनात थे। 15 अप्रैल 2026 को वह कार्यालय पहुंचे। रोज की तरह काम किया और शाम को अर्जुनपुरम कॉलोनी स्थित अपने किराए के मकान पर लौट गए। 16 अप्रैल को जब ऑफिस नहीं पहुंचे, तो साथ काम करने वालों ने फोन मिलाया, फोन बंद था। इस पर परिवार को इसके बारे में बताया। पत्नी ने 23 अप्रैल को दर्ज कराई गुमशुदगीविक्रांत की पत्नी प्राची (35) नोएडा में सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग में हैं। दोनों की शादी 10 साल पहले हुई थी। एक बेटी भी है। पति के लापता होने से परेशान प्राची ने उन्हें रिश्तेदारी में तलाशा। थक-हारकर 23 अप्रैल को गुमशुदगी दर्ज कराई। शक जताया कि एक राखी नाम की महिला से उनका संपर्क था, जो उन पर दबाव बना रही थी। अपनी डिमांड पूरी करने के लिए धमका रही थी। इसके बाद पुलिस हरकत में आई और जांच शुरू की। केस में राखी की एंट्री…जिसका बाद में हो गया कत्लविक्रांत की पत्नी प्राची की ओर से दर्ज कराई गई गुमशुदगी की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने राखी के मोबाइल की कॉल डिटेल निकाली। पता चला कि विक्रांत की राखी कश्यप से ज्यादा बातचीत हुई है। 18 अप्रैल को बागपत पुलिस ने राखी से पूछताछ की। उससे कई सवाल किए गए, लेकिन वह गोलमोल जवाब देती रही। 17 अप्रैल को बरामद हुआ विक्रांत का शवसहारनपुर में पुलिस को 17 अप्रैल को नहर में एक शव मिला, लेकिन पहचान नहीं हो सकी। शव को कपड़ों में लपेटा गया था। हाथ-पैर बंधे थे। सिर और चेहरे पर भारी चीज से वार किए गए थे, ताकि पहचान मश्किल हो जाए। सहारनपुर और बागपत पुलिस इस अज्ञात शव मामले की जांच कर रही रही थी कि इसी बीच 27 अप्रैल को अज्ञात युवती का शव थाना मिर्जापुर के नौगांवा के जंगल में मिला। युवती की धारदार हथियार से हत्या की गई थी। उसका गला भी रेता गया था। बाद में इसकी पहचान राखी के रूप में हुई। इसके बाद पर्त दर पर्त पूरा केस खुलता चला गया। पार्टी में गोली चली विक्रांत को लगी…शव नहर में फेंकामामले में दो गिरफ्तारी हो चुकी हैं। अभी तक की जांच में खुलासा हुआ कि 16 अप्रैल को राखी के घर बागपत में एक पार्टी हुई थी। इस पार्टी में विक्रांत- राखी और राखी के दोस्त भाजपा युवा मोर्चा का पूर्व नगर अध्यक्ष सुधारस चौहान, दवा कारोबारी कपिल चौहान और अन्य लोग मौजूद थे। पार्टी सुधारस चौहान ने दी थी। पार्टी में किसी बात को लेकर विवाद हुआ। विवाद इतना बढ़ा कि राखी ने अपनी लाइसेंसी पिस्टल से विक्रांत की जांघ पर गोली मार दी। तीनों डर गए। घायल विक्रांत को अस्पताल न ले जाकर तीनों सुनसान इलाके में ले गए और हाथ-पैर बांधकर कपड़े में लपेटा और फेंक दिया। बाद में राखी की भी लाश मिली। उसका गला रेता गया था। सीने और पीठ पर चाकू के कई वार किए गए थे। राखी की हत्या के मामले में सुधारस चौहान और कपिल चौहान को पुलिस ने पकड़ा है। इनसे पूछताछ की गई है। लेकिन पुलिस ने अभी आधिकारिक तौर पर खुलासा नहीं किया है। अब पढ़िए...लग्जरी लाइफ जीने वाली राखी के बारे में?पुलिस जांच में सामने आया है कि 27 साल की राखी कश्यप, बागपत के राजपुर-खामपुर गांव की रहने वाली थी। लग्जरी लाइफस्टाइल, हाथ में लाइसेंसी पिस्टल और महंगे शौक रखने वाली राखी कश्यप की जिंदगी बाहर से जितनी चमकदार दिखती थी, अंदर से उतनी ही उलझी हुई थी। दो शादियां, पहली मेरठ में, दूसरी कहीं और…दोनों बार तलाक। परिवार से सात साल से कोई संपर्क नहीं। अलग-अलग जगहों पर रहकर नई पहचान बनाना, ये सब उसकी जिंदगी का हिस्सा थे। पिता शेरदीन की मौत 4 साल पहले मौत हुई थी। बड़ा भाई राजीव चाऊमीन की रेहड़ी लगाता है। एक छोटा भाई विकास है। तलाक के बाद राखी खेकड़ा और फिर बागपत की अर्जुनपुरम कॉलोनी में रहने लगी। उसने खुद को डूडा में संविदाकर्मी बताकर किराए पर कमरा लिया था। स्थानीय लोगों और पुलिस जांच के अनुसार, राखी पर कई लोगों से विवाद और ठगी के आरोप भी थे। वह लोगों को प्रेम जाल में फंसाकर पैसे ऐंठती थी। कई प्रभावशाली लोगों, यहां तक कि कुछ नेताओं से भी उसके संपर्क थे। सोशल मीडिया अकाउंट पर उसके करीब 11 हजार फॉलोअर्स है। उसने 1903 पोस्ट डाली हैं। इंस्टाग्राम पर थाईलैंड की भी पोस्ट हैं। वहीं, कमर में लाइसेंसी पिस्टल लगाकर रीलबाजी करती थी। इसके अलावा सोशल मीडिया एकाउंट पर जो पोस्ट डाली गई है, उसमें कई देशों की ट्रिप का जिक्र किया गया है। तीन साल से रिलेशन में थे राखी-विक्रांतपुलिस जांच में सामने आया कि विक्रांत और राखी के बीच करीब तीन साल से प्रेम-प्रसंग चल रहा था। दोनों के बीच लगातार फोन कॉल्स और लंबी बातचीत के रिकॉर्ड मिले। दोनों शादी करने की योजना भी बना रहे थे। दो दिन पहले खाते से निकाले थे चार लाख रुपएविक्रांत ने लापता होने से दो दिन पहले अपने बैंक खाते से चार लाख रुपए निकाले थे। बताया जा रहा है कि दिसंबर, 2025 में विक्रांत और राखी का किसी बात को लेकर झगड़ा हुआ था। राखी ने गुस्से में आकर विक्रांत की कार में आग लगा दी थी। अब जानिए राखी की हत्या क्यों की गई?पुलिस के मुताबिक, विक्रांत की हत्या में शामिल सुधारस चौहान और कपिल चौहान को अपने फंसने का डर था। राखी इस पूरी घटना की अहम कड़ी थी और उसे बहुत कुछ पता था। इसी वजह से उसे भी खत्म करने की योजना बनाई। राखी को एक फॉर्महाउस पर बुलाया गया, जहां पार्टी के बहाने उसे रोका गया। वहां चाकू से गला रेतकर उसकी हत्या कर दी गई। उसके बाद शव को बोरे में डालकर रजबहे में फेंक दिया गया। आसपास के मोबाइल लोकेशन डेटा ने पुलिस को संदिग्धों तक पहुंचने में मदद की। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के अनुसार, आरोपियों ने पहले राखी का गला रेता, इसके बाद सीने और पीठ पर चाकू से कई वार किए। शुक्रवार शाम राखी का छोटा भाई विकास सहारनपुर पहुंचा। डेड बॉडी बागपत ले जाने से इनकार कर दिया। पुलिस के समझाने के बाद सहारनपुर में ही विकास ने राखी का अंतिम संस्कार किया। --------------------- ये खबर भी पढ़ें… महिला से छेड़खानी करने वाले का एनकाउंटर:मुरादाबाद पुलिस ने पैर में मारी गोली, उम्र-45 साल, लेडीज टेलर है आरोपी मुरादाबाद में बुर्का पहने महिला से सुनसान गली में छेड़खानी करने वाले 45 साल के आरोपी नौशाद का पुलिस ने एनकाउंटर कर दिया। उसके बाएं पैर में गोली लगी है। गुरुवार रात 11 बजे पुलिस ने उसे घेरा तो उसने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में उसके बाएं पैर में गोली लग गई। फिलहाल, उसका जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। मुठभेड़ शहर की जामा मस्जिद के पास हुई। आरोपी लेडीज टेलर है। उसकी शादी नहीं हुई है। नौशाद ने 29 अप्रैल यानी दो दिन पहले महिला से छेड़खानी की थी। विरोध करने पर वह महिला को छोड़कर भाग गया था। पढ़ें पूरी खबर
यूपी सरकार ने इस साल डेढ़ लाख युवाओं को नौकरी देने का टारगेट रखा है। पुलिस विभाग में करीब 80 हजार, शिक्षा विभाग में 50 हजार भर्ती हो सकती हैं। इसके अलावा राजस्व, मेडिकल, न्याय, महिला एवं बाल विकास विभाव में भर्तियां प्रस्तावित हैं। कई भर्तियों के विज्ञापन भी सामने आ गए हैं। ‘सरकार 10 साल में 10 लाख नौकरी’ का लक्ष्य हासिल करना चाहती है। यूपी में फरवरी-मार्च 2027 में विधानसभा चुनाव होने तय हैं। जनवरी में आचार संहिता लग जाएगी। इस हिसाब से मौजूदा बीजेपी सरकार के पास 8 महीने का समय बचा है। इसी में भर्तियों का ऐलान, परीक्षाएं और रिजल्ट देना है। किस विभाग में कौन-सी भर्ती है, उसके लिए क्या योग्यता चाहिए, भर्ती कैसे होगी? पढ़िए इस रिपोर्ट में… होमगार्ड के एक पद के लिए 46 दावेदार हैं यूपी में होमगार्ड के 41,424 पदों के लिए 25, 26 और 27 अप्रैल को परीक्षा हुई। इसमें 19 लाख 29 हजार 155 कैंडिडेट शामिल हुए। यानी होमगार्ड के एक पद के लिए 46 दावेदार हैं। लिखित परीक्षा का रिजल्ट 15 से 30 जून तक आ सकता है। लिखित परीक्षा पास हुए कैंडिडेट को ही शारीरिक परीक्षा के लिए बुलाया जाएगा। 15 लाख कैंडिडेट्स ने UPSI की परीक्षा दी पिछले महीने 14 और 15 मार्च को UPSI के 4,543 पदों के लिए परीक्षा कराई गई। इसमें करीब 15 लाख कैंडिडेट्स शामिल हुए थे। सभी 75 जिलों में सेंटर बने थे। इसका 10 मई तक रिजल्ट आ सकता है। यूपी पुलिस भर्ती की लिखित परीक्षा जून में यूपी पुलिस में 32,679 पदों पर 31 दिसंबर 2025 को भर्ती का ऐलान हुआ। मेल कैंडिडेट्स के लिए सिविल पुलिस में 10,469 और पीएसी में 15,131 पद हैं। महिला पीएसी के लिए अलग से 1341 पद हैं। जेल वॉर्डन के कुल 3385 पद हैं, इसमें 106 पद महिलाओं के लिए हैं। एप्लीकेशन फॉर्म 31 दिसंबर 2025 से 30 जनवरी 2026 तक भरा गया। 8, 9 और 10 जून 2026 को लिखित परीक्षा होगी। कैंडिडेट की उम्र कितनी होनी चाहिए? लेखपाल भर्ती में 100 सवाल पूछे जाएंगे यूपी में इस वक्त लेखपाल के 7994 पदों पर भर्ती चल रही है। इस भर्ती के लिए 28 जनवरी तक फॉर्म भरा गया। 21 मई को परीक्षा होगी। 100 नंबर की इस परीक्षा में 100 सवाल होंगे। परीक्षा का पैटर्न ऑब्जेक्टिव होगा। गलत जवाब पर 0.25 नंबर कटेंगे। इसमें UP PET-2025 पास कैंडिडेट्स ही अप्लाई कर पाए हैं। ऐसे कैंडिडेट्स की संख्या करीब 3.66 लाख है। कैंडिडेट की उम्र कितनी होनी चाहिए? ASO-ARO के 929 पदों पर भर्ती UPSSSC ने असिस्टेंट स्टैटिस्टिकल ऑफिसर (ASO) और असिस्टेंट रिसर्च ऑफिसर (ARO) के लिए आवेदन मांगे हैं। इनमें 929 पदों में ASO के 916 पद हैं, ARO के 13 पद हैं। नोटिफिकेशन 21 अप्रैल को जारी हुआ। एप्लीकेशन फॉर्म भरने की आखिरी तारीख 11 मई है। परीक्षा की तारीख अभी डिक्लेयर नहीं हुई है। कैंडिडेट की उम्र कितनी होनी चाहिए? असिस्टेंट बोरिंग टेक्नीशियन के 402 पदों पर भर्ती UPSSSC ने असिस्टेंट बोरिंग टेक्नीशियन के 402 पदों पर भर्ती निकाली है। 15 अप्रैल से 5 मई के बीच कैंडिडेट फॉर्म भर सकते हैं। कैंडिडेट 10वीं पास हो। वह मशीनिस्ट, फिटर, टर्नर, वायरमैन से आईटीआई पास हो। इसके अलावा UP-PET- 2025 परीक्षा में पास होना जरूरी है। लिखित परीक्षा के बाद डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन होगा, फिर ज्वाइनिंग प्रक्रिया शुरू होगी। कैंडिडेट की उम्र कितनी होनी चाहिए? अब उन भर्तियों की बात, जो प्रस्तावित हैं… लोवर पीसीएस के लिए 29 मई से आवेदन UPSSSC ने 2285 पदों पर भर्ती का ऐलान किया है। इनमें 548 पद असिस्टेंट ट्रेजरी अकाउंटेंट के लिए है। ऑडिटर के 419 पद, अमीन के 323 पद, एग्जीक्यूटिव ऑफिसर के 238 पद और क्लर्क के 229 पदों पर भर्ती होनी है। इन पदों के लिए 29 मई से आवेदन किया जा सकेगा। कैंडिडेट ग्रेजुएट होना चाहिए। UP PET-2025 की परीक्षा में पास हुआ हो। परीक्षा जुलाई में कराई जा सकती है। फॉरेस्ट गार्ड के लिए आवेदन 30 जून से शुरू UPSSSC ने फॉरेस्ट गार्ड यानी वन रक्षक के 708 पदों पर भर्ती की घोषणा की है। इस भर्ती के लिए 30 जून से आवेदन किया जा सकेगा। आवेदन की आखिरी तारीख 20 जुलाई को है। सितंबर-अक्टूबर में हो सकती है शिक्षक भर्ती 17 फरवरी, 2026 को विधानसभा में शिक्षा मंत्री ने बताया था कि यूपी में अभी शिक्षकों के 46,944 पद खाली हैं। यूपी में 2018 के बाद बेसिक शिक्षा (कक्षा 1 से 8 तक) के स्तर पर कोई भर्ती नहीं आई। सरकार 2, 3 और 4 जुलाई को टीईटी की परीक्षा करवाने जा रही है। करीब 35 हजार पदों पर सितंबर-अक्टूबर तक विज्ञापन जारी होने की संभावना है। माध्यमिक शिक्षा विभाग में भी 25 हजार पदों पर भर्ती की संभावना यूपी में माध्यमिक शिक्षा विभाग में अगले कुछ महीने में करीब 25 हजार पदों पर भर्ती हो सकती है। अभी 4513 सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालय हैं। इसमें करीब 23 हजार टीजीटी-पीजीटी के तहत भर्तियों की संभावना है। इसके अलावा सहायता प्राप्त महाविद्यालयों में 1200 से ज्यादा असिस्टेंट प्रोफेसर और प्रिंसिपल के पदों पर भर्ती की संभावना है। इस भर्ती का ऐलान जून-जुलाई के महीने में हो सकता है। यूपी में सरकारी नौकरियों के अलावा संविदा के पदों पर भी भर्तियां जारी हैं… आंगनवाड़ी के 10 हजार पदों पर भर्ती इस वक्त आंगनवाड़ी में करीब 10,478 पदों पर भर्ती हो रही है। ये भर्ती अलग-अलग जिलों में हो रही है। इनमें लखनऊ के 1106 पद, बाराबंकी में 22 पद, सुल्तानपुर में 809, तो इटावा में सिर्फ 8 पदों पर भर्ती हो रही है। आपके जिले में कितने पद खाली हैं, इसे upanganwadibharti.in पर जाकर देख सकते हैं। भर्ती से जुड़ी सारी डिटेल भी वहीं मिल जाएगी। डॉक्टर्स के करीब 4500 पद भरे जाएंगे यूपी में अगले 5 महीनों में डॉक्टर्स के करीब 4500 पदों पर भर्ती हो सकती है। स्पेशलिस्ट डॉक्टर के करीब 2 हजार पद भरे जाने की संभावना है। सरकार ने विभागों से खाली पदों की जानकारी पहले ही मांग ली थी। प्लस प्वाइंट ये है कि पिछले 2 सालों में कोई पेपर लीक नहीं हुआ। इसलिए तेजी से भर्ती कराई जा सकती है। -------------------------- ये खबर भी पढ़ें… ISC, ICSE रिजल्ट 2026 जारी:10वीं में 98%, 12वीं में 99% स्टूडेंट्स पास, टॉपर्स की लिस्ट इस साल भी नहीं की गई रिलीज काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशन यानी सीआइएससीई ने ICSE क्लास 10वीं और ISC 12वीं एग्जाम के रिजल्ट जारी कर दिए हैं। CISCE 10वीं में 98.18% स्टूडेंट्स पास हुए। यह एग्जाम 2.6 लाख स्टूडेंट्स ने दिया था। वहीं 12वीं में 99.13% स्टूडेंट्स पास हुए हैं।पूरी खबर पढें…
राजस्थान में आंधी-बारिश के बीच गर्मी भी जारी है। शुक्रवार को बाड़मेर, बीकानेर में शुक्रवार को तापमान 44 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। अधिकांश शहरों में तापमान 40 डिग्री सेलिसयस या उससे ऊपर दर्ज हुआ। दोपहर बाद जयपुर, नागौर और अजमेर के आसपास के एरिया में मौसम में बदलाव हुआ। कुछ एरिया में हल्की बारिश हुई। मौसम विभाग ने अगले तीन-चार दिन दोपहर बाद आंधी-बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। आज 16 जिलों में अलर्ट है। राजस्थान के मौसम की तस्वीर… यहां सबसे ज्यादा गर्मी रही तेज गर्मी के बाद आंधी पिछले 24 घंटे में राज्य में सबसे ज्यादा गर्मी बाड़मेर में रही, जहां का अधिकतम तापमान 44.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। बाड़मेर में दिनभर धूप रही, लेकिन शाम होने के बाद सीमावर्ती एरिया में यहां भी हल्के बादल छाए और कुछ स्थानों पर धूलभरी हवा चली। बाड़मेर के अलावा बीकानेर में भी तेज गर्मी रही, यहां अधिकतम तापमान 44.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। अब आगे क्या… राजस्थान के बड़े शहरों में कैसा रहा मौसम जयपुर में शाम को छाए बादल जयपुर में शुक्रवार दिनभर तेज धूप रही और तापमान 40 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। हालांकि दिनभर जयपुर में आसमान में हल्के बादल भी रहे और हल्की उमस रही। इससे पहले गुरुवार रात से शुक्रवार तड़के तक जयपुर में आंधी-बारिश का दौर चला। इससे न्यूनतम तापमान में गिरावट हुई और गर्मी से रात में लोगों को राहत मिली। जोधपुर में सामान्य से ज्यादा रहा तापमान जोधपुर में शुक्रवार को गर्मी के तेवर लगातार बरकरार है। दिनभर तेज धूप और उमस के कारण आमजन को परेशानी का सामना करना पड़ा। मौसम विभाग के अधिकतम तापमान 42.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 1.7 डिग्री अधिक रहा। वहीं, न्यूनतम तापमान 29.0 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से 2.6 डिग्री अधिक रहा। अजमेर में गर्म हवा ने परेशान किया अजमेर में भीषण गर्मी का दौर जारी। शुक्रवार को दिन का तापमान 41.1 डिग्री पहुंचा। तेज धूप और गर्म हवा के चलते आमजन को होना पड़ा परेशान। मौसम विभाग ने न्यूनतम तापमान 24.0 डिग्री दर्ज किया गया। अलवर में बादल छाए अलवर में दिनभर तेज गर्मी रही। बीच-बीच में हल्के बादल छाते रहे। साथ ही हवा भी चली। इस दौरान अधिकतम तापमान 38 डिग्री है। हालांकि पिछले दिनों की तुलना में शुक्रवार को गर्मी से राहत रही। कोटा में बढ़ा तापमान कोटा में गर्मी का असर लगातार बढ़ता नजर आ रहा है। मौसम विभाग के अनुसार गुरुवार को अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, जबकि शुक्रवार को यह बढ़कर 42.1 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। यानी तापमान में एक डिग्री की बढ़ोतरी हुई है। वहीं, न्यूनतम तापमान 25.1 डिग्री दर्ज किया गया। दिनभर तेज धूप और गर्म हवा ने लोगों को परेशान किया, हालांकि गुरुवार रात हुई बारिश से सुबह और शाम के समय हल्की राहत महसूस की गई। दो दिन बाद फिर बढ़ा उदयपुर का तापमान उदयपुर में शुक्रवार को अधिकतम तापमान 41.1 और न्यूनतम तापमान 26.5 डिग्री रहा। इससे पहले पिछले दो दिन से उदयपुर का अधिकतम तापमान 40 डिग्री था। शुक्रवार सुबह दस बजे से उदयपुर में गर्मी का असर दिखने लगा। 12 बजे बाद चिलचिलाती धूप परेशान किया। शाम को कुछ राहत मिलने के बाद लोग घूमने के लिए निकले। सीकर में तेज गर्मी रही सीकर में शुक्रवार को पूरे दिन तेज धूप रही। तापमान 41 डिग्री दर्ज किया गया। पैदल चलने वालों के साथ बाइक सवार लोग भी परेशान दिखे। जो सिर पर तौलिया और स्कार्फ लगाए नजर आए।
नई व्यवस्था:जवाई में अब सफारी की ट्रैकिंग; नाइट सफारी पर बैन, ड्रोन भी नहीं उड़ा सकेंगे
जवाई कंजर्वेशन क्षेत्र के नाजुक इको सिस्टम को बचाने के लिए हाईकोर्ट के निर्देशों पर तैयार नई व्यवस्था अब लागू होने जा रही है। इस सिस्टम के तहत सफारी संचालन पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी। सबसे अहम बदलाव यह है कि अब सभी सफारी वाहनों में जीपीएस लगाना अनिवार्य कर दिया गया है और इसकी मॉनिटरिंग के लिए बाहरी एजेंसी नियुक्त की जाएगी, ताकि डेटा से किसी भी तरह की छेड़छाड़ न हो सके। बेहतर निगरानी के लिए पूरे जवाई क्षेत्र को चार क्लस्टर में बांटा गया है, जिनमें अलग-अलग गांवों और संवेदनशील इलाकों को शामिल किया गया है। कलेक्टर की अध्यक्षता में जवाई सफारी एंड इको-टूरिज्म कोऑर्डिनेशन कमेटी बनाई गई है, जो इन नियमों को सख्ती से लागू करवाएगी। वन्यजीव संरक्षण अधिनियम की धारा 9 के तहत अब नाइट सफारी, बैटिंग (मांस डालना), चारा डालना, ड्रोन उड़ाना और जीपीएस से छेड़छाड़ करना गंभीर उल्लंघन माना जाएगा। ऐसा करने पर वाहन को मौके पर ही रोका जा सकता है, उसे ब्लैकलिस्ट किया जा सकता है और जहां एक्ट लागू नहीं होता वहां 25 हजार रुपए तक का जुर्माना लगाया जाएगा। एसओपी की आधिकारिक अधिसूचना के बाद 60 दिन का ट्रांजिशन पीरियड दिया जाएगा। इस दौरान सभी सफारी गाड़ियों का रजिस्ट्रेशन, जीपीएस इंस्टॉलेशन और ड्राइवर व रिसॉर्ट संचालकों से लिखित शपथ पत्र लिए जाएंगे। इसके बाद समझाइश का दौर खत्म कर चरणबद्ध तरीके से पूरी एसओपी सख्ती से लागू की जाएगी। यह एसओपी डीसीएफ कस्तूरी प्रशांत सुले और एसीएफ साहिल पोसवाल द्वारा तैयार की गई है, जिसमें सीसीएफ अनूप केआर की भी अहम भूमिका रही है। नक्शे में जंगल नहीं, इसलिए मिलती रही मंजूरी; जमीन पर गुफाएं थीं, इसलिए पैंथर भाग गए जवाई की अधिकांश पहाड़ियां सरकारी रिकॉर्ड में राजस्व भूमि दर्ज हैं। यही वो लूपहोल है, जिसने पूरा खेल बदल दिया। वन विभाग केवल फॉरेस्ट बाउंड्री देखता रहा। नक्शे पर जहां जंगल नहीं, वहां खतरा भी नहीं माना गया और इसी आधार पर ‘मैकेनिकल एनओसी’ जारी होती रही। जमीन पर क्या है? लेपर्ड की गुफा, ब्रीडिंग साइट या कॉरिडोर, यह जांच का हिस्सा ही नहीं था। बाली क्षेत्र के कोठार गांव में यह विरोधाभास साफ दिखता है। एक खसरा पर रिसॉर्ट का निर्माण हुआ। ठीक नीचे पहाड़ी, जहां लेपर्ड की सक्रिय गुफाएं हैं। याचिका के अनुसार यहां 4-5 शावकों के साथ लेपर्ड रह रहे थे। निर्माण शुरू हुआ। आवाजाही बढ़ी और अब डेन अबंडनमेंट (मांद छोड़ना) के संकेत मिल रहे हैं। स्थानीय गाइड बताते हैं कि पहले यहां रोज साइटिंग होती थी। जवाई में पर्यटन धीरे-धीरे इको-टूरिज्म से शो-टूरिज्म में बदल गया। सीजन में 300 से ज्यादा जिप्सियां, लेपर्ड को पास लाने के लिए मांस डालना (बैटिंग), रात में फ्लैशलाइट के साथ नाइट सफारी, गुफाओं के बाहर भीड़ और शोर होता रहा।
तेलंगाना: सीएम ने आरटीसी कर्मचारियों की मांगों पर कार्रवाई का भरोसा दिया
तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने तेलंगाना राज्य सड़क परिवहन निगम के कर्मचारियों को भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार उनकी मांगों को पूरा करने और उनके अधिकारों की रक्षा करने के लिए प्रतिबद्ध है।
इंदौर में महावीर जन्म कल्याणक के मौके पर आयोजित नवकारसी कार्यक्रम से जुड़े विवाद में 50 लाख रुपए का मानहानि का नोटिस भेजा है। नोटिस में श्वेताम्बर जैन महासंघ न्यास के पदाधिकारियों पर अधिकारिक लेटरहेड के दुरुपयोग, मानहानिकारक टिप्पणियां प्रकाशित करने और सामाजिक प्रतिष्ठा धूमिल करने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं। यह नोटिस नाकोड़ा जैन कॉन्फ्रेंस के राष्ट्रीय अध्यक्ष अक्षय जैन की ओर से एडवोकेट राजेश जोशी के माध्यम से दिया है। 1 मई 2026 को भेजे गए नोटिस में कहा है कि महासंघ से जारी स्पष्टीकरण में अधिकारिक लेटरहेड का उपयोग कर निराधार और अपमानजनक टिप्पणियां प्रकाशित की गईं। नोटिस के अनुसार यह पत्र केवल आंतरिक उपयोग तक सीमित नहीं रहा, बल्कि समाज में वितरित किया गया और व्हाट्सएप सहित सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर प्रसारित किया गया, जिससे संबंधित पक्ष की सार्वजनिक छवि को नुकसान पहुंचा। नोटिस में उल्लेख किया है कि संबंधित व्यक्ति (अक्षय जैन) पिछले 40 वर्षों से व्यापार और सामाजिक क्षेत्र में सक्रिय हैं और उनकी साख स्थापित रही है। वे अहिल्या चैंबर ऑफ कॉमर्स, इंदौर रिटेल गारमेंट्स व्यापारी संघ सहित विभिन्न संस्थाओं से जुड़े हुए हैं। आरोप है कि जारी पत्र के माध्यम से उनकी चार दशक पुरानी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया गया। ट्रैक्टर प्रकरण में इवेंट कंपनी ने मानी गलती विधिक नोटिस में कहा गया है कि महावीर जन्म कल्याणक के दिन नवकारसी आयोजन में ट्रैक्टर खड़े होने से उत्पन्न विवाद वाहन चालक की वजह से हुआ था। इस घटना को लेकर इवेंट कंपनी के संचालक ने लिखित में अपनी गलती स्वीकार करते हुए श्री नाकोड़ा जैन कॉन्फ्रेंस के समक्ष माफी भी दी थी। इसके बावजूद 29 दिन बाद आरोपों का उल्लेख करते हुए पत्र जारी करना दुर्भावनापूर्ण और पूर्वनियोजित बताया गया है। संस्था के मंच से व्यक्तिगत आरोप लगाने का आरोप नोटिस में 29 अप्रैल को आयोजित बैठक के मिनट्स पर भी सवाल उठाए गए हैं। आरोप है कि संस्था के पद और मंच का उपयोग कर व्यक्तिगत आरोपों को संस्थागत स्वरूप दिया गया, जिससे न केवल संस्था की गरिमा प्रभावित हुई बल्कि एक व्यक्ति विशेष के खिलाफ सामाजिक धारणा बनाने का प्रयास किया गया। नोटिस में कहा है कि यह कृत्य भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 356 (मानहानि) और धारा 61 (आपराधिक साजिश) के अंतर्गत दंडनीय है। साथ ही इसे दीवानी क्षति के दावे के रूप में भी प्रस्तुत किया गया है। विधिक नोटिस में 15 दिनों के भीतर 50 लाख रुपए की क्षतिपूर्ति की मांग की गई है, जो प्रतिष्ठा हानि, मानसिक पीड़ा और सामाजिक क्षति के प्रतिकर के रूप में मांगी गई है। इसके अलावा 25 हजार विधिक खर्च के रूप में भी मांगे गए हैं। साथ ही 7 दिनों के भीतर मिनट्स वापस लेने, अधिकारिक लेटरहेड पर बिना शर्त लिखित माफी जारी करने, सोशल मीडिया व व्हाट्सएप पर सार्वजनिक क्षमायाचना प्रकाशित करने और भविष्य में ऐसे कृत्यों से परहेज करने की मांग की गई है नोटिस में स्पष्ट किया है कि यदि निर्धारित समय-सीमा में मांगें पूरी नहीं की गईं, तो संबंधित पदाधिकारियों के खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज कराया जाएगा और अलग से दीवानी वाद भी दायर किया जाएगा।
जैसे ही क्रूज पलटा, मैं किसी तरह पत्नी के साथ बाहर निकल पाया। साढ़े तीन घंटे तक हम बच्चे को ढूंढते रहे। हमने उम्मीद छोड़ दी थी, लेकिन वो मिल गया। आज उसका जन्मदिन है। ये दिन कभी नहीं भूलेंगे। यह कहते हुए रोशन आनंद की आंखें भर आईं। उस शाम वह परिवार के सात अन्य सदस्यों के साथ बरगी डैम के क्रूज पर सवार थे। उनका परिवार बच गया, लेकिन हर किसी की किस्मत मेहरबान नहीं थी। 13 साल की सिया ने उसी हादसे में मां, छोटे भाई और नानी को खो दिया। गुरुवार को जबलपुर के बरगी डैम में हुए क्रूज हादसे में 9 लोगों की मौत हुई, जबकि 4 अब भी लापता हैं। कुछ परिवार अपनों की तलाश में हैं, कुछ के पास सिर्फ यादें और सदमा है। बचे लोग इसे चमत्कार मान रहे हैं, लेकिन उनकी बातों में उस शाम की दहशत साफ है। कर्मचारियों ने मदद नहीं की हम आठ लोग क्रूज पर सवार थे। उसमें कुल 45-50 लोग थे, जिनमें महिलाएं और बच्चे ज्यादा थे। शुरुआत में मौसम सामान्य था, लेकिन लौटते वक्त अचानक तूफान आ गया। पहले हलचल हुई, फिर लहरें तेज हुईं। कुछ ही मिनटों में हालात बेकाबू हो गए और क्रूज हिचकोले खाने लगा। ऊपर बैठे लोगों को नीचे लाया गया। वहां तीन-चार कर्मचारी थे, लेकिन किसी ने मदद नहीं की। स्थिति बिगड़ने पर हमने खुद लाइफ जैकेट निकाली और लोगों को पहनाई। अगर ऐसा नहीं करते तो शायद कोई नहीं बचता। बच्चों को एक-एक कर जैकेट पहनाई। इसी बीच क्रूज में पानी भरने लगा। लाइफ बोट पहले आती तो जानें बच सकती थीं पानी में गिरते ही मैंने पूरी ताकत से ऊपर आने की कोशिश की। सिर और हाथ से जोर लगाकर बाहर निकला। मैं, मेरी पत्नी और एक 11 साल का बच्चा बाहर आ गए, लेकिन चारों तरफ अफरा-तफरी थी। हम मदद के लिए चिल्लाते रहे, लेकिन लाइफ बोट देर से आई। अगर वह आधे घंटे पहले पहुंचती, तो कई और जिंदगियां बच सकती थीं। हादसे के बाद हम साढ़े तीन घंटे तक छोटे बेटे को ढूंढते रहे। उसने लाइफ जैकेट नहीं पहनी थी। आखिरकार वह सुरक्षित मिला। सच कहूं, मैं मौत को सामने से देखकर लौटा हूं। मां और भाई का साथ छूटा दिल्ली से आई 13 साल की सिया परिवार के साथ गर्मी की छुट्टियां बिताने जबलपुर आई थी। उन्होंने बरगी डैम में क्रूज की सैर का सोचा, लेकिन यह फैसला उसकी जिंदगी का सबसे दर्दनाक अनुभव बन गया। शाम 5:30 बजे आखिरी शिफ्ट थी। शुरू में लोग बॉलीवुड गानों पर मस्ती कर रहे थे। तभी तेज आंधी चली। डैम में समुद्र जैसी ऊंची लहरें उठीं। पानी क्रूज के ऊपरी फ्लोर तक पहुंचा। जहाज डगमगाने लगा और लोग घबराए। सिया बताती है कि लाइफ जैकेट एक केबिन में थे, लेकिन स्टाफ ने नहीं दिए। कुछ लोगों ने खुद पहन लिए। “मम्मी ने मेरे छोटे भाई त्रिशान को अपने साथ जैकेट में बांध लिया था। नाना बाहर ही गिर गए थे। मैं बस भगवान से प्रार्थना कर रही थी…” रात भर सिया को उम्मीद थी कि मां और भाई बच जाएंगे। लेकिन सुबह उनकी लाशें मिलीं। दोनों एक-दूसरे से लिपटे थे। इस हादसे ने सिया से मां, छोटा भाई और नानी छीन लिए। तनिष्का का दर्द: मम्मी का हाथ छूट गया पाटन के मनोज सेन परिवार के साथ लौटते समय बरगी डैम घूमने पहुंचे थे। पत्नी ज्योति, बेटी तनिष्का, बेटा तनिष्क, भाई और एक अन्य सदस्य समेत 6 लोग क्रूज में सवार हुए। साढ़े तीन बजे सब क्रूज पर थे। अंदर गाने बज रहे थे और माहौल खुशनुमा था। तभी आंधी आई और क्रूज बेकाबू हो गया। तनिष्का बताती है,“हम सब ऊपर थे। पापा ने कहा सब एक-दूसरे का हाथ पकड़ लो। पापा ने भाई और चाचा का हाथ पकड़ा, मम्मी ने हमें पकड़ा हुआ था… तभी क्रूज पलट गया।” चारों तरफ चीख-पुकार मच गई। कोई तैर नहीं पा रहा था। ऐसा लग रहा था जैसे कोई नीचे खींच रहा हो। रेस्क्यू टीम ने उन्हें बाहर निकाला, लेकिन उनकी मां ज्योति सेन को नहीं बचाया जा सका। किसी ने पत्नी खोई, कोई पूरा परिवार खमरिया ऑर्डिनेंस फैक्ट्री में काम करने वाले कामराज का परिवार भी हादसे की चपेट में आया। रिश्तेदार तमिलनाडु से आए थे और सभी ने क्रूज पर जाने का प्लान बनाया। 9 लोग क्रूज पर सवार हुए। हादसे में पत्नी काकुलझी की मौत हो गई। भाभी सौभाग्यम भी नहीं रहीं। कामराज और उनका बेटा श्री तमिल अब भी लापता हैं। भतीजा श्री मयूरम भी नहीं मिला। सबसे दर्दनाक बात, कामराज के माता-पिता क्रूज पर नहीं गए थे। वे किनारे से अपने परिवार को लहरों में फंसते देखते रहे, लेकिन कुछ नहीं कर सके।
करनाल जिला की कुंजपुरा मंडी एक बार फिर गड़बड़ियों को लेकर सुर्खियों में है। इस बार मामला गेहूं के बैग में ईंटें भरकर वजन बढ़ाने का सामने आया है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के बाद मंडी प्रशासन हरकत में आया और एक आढ़ती का लाइसेंस सस्पेंड करते हुए उस पर 10 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया। हालांकि पूरे मामले में अधिकारी बयान देने से बचते नजर आए। वीडियो में खुली पोल, मजदूरों को लगी चोटवायरल वीडियो दो दिन पुराना है और इसकी लोकेशन काछवा में हैफेड और वेयरहाउस के गोदाम के पास की बताई जा रही है। वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि एक लोडिंग गाड़ी में रखी गेहूं की बोरियों से ईंटें निकल रही हैं। जानकारी के अनुसार, जब मजदूर इन बोरियों को गाड़ी में लोड कर रहे थे, तब उनके सिर में ईंटें चुभीं। इसके बाद उन्होंने अधिकारियों को इसकी शिकायत दी। जांच में सामने आया कि कई बैगों में ईंटें भरी गई थीं, जिसके बाद इस पूरे मामले की वीडियो बनाई गई और सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। खरीद एजेंसियों की भूमिका पर सवालसूत्रों के मुताबिक, इस बार कुंजपुरा मंडी में खाद्य एवं आपूर्ति विभाग खरीद नहीं कर रहा है। केवल हैफेड और वेयरहाउस की ओर से ही खरीद की जा रही है। दोनों एजेंसियों की ओर से इंस्पेक्टर भी नियुक्त किए गए हैं। ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि निरीक्षण के बावजूद इतनी बड़ी गड़बड़ी कैसे हो गई।अधिकारियों ने साधी चुप्पीमामले में मंडी सचिव बलवान सिंह से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उन्होंने फोन नहीं उठाया। उनके नंबर पर व्हाट्सएप संदेश भी भेजा गया, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। इससे अधिकारियों की कार्यशैली पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। पहले भी हो चुके हैं बड़े घोटालेकुंजपुरा गेहूं गोदाम पहले भी गड़बड़ियों को लेकर चर्चा में रह चुका है। गांव खराजपुर निवासी विकास शर्मा ने गोदाम में स्टॉक में गड़बड़ी की शिकायत दी थी। जांच के दौरान गोदाम में बाहर रखे चट्टों में करीब 68 लाख रुपए मूल्य का गेहूं कम पाया गया था। इस मामले में कुंजपुरा थाने में एफआईआर दर्ज हुई थी और शुरुआती जांच के बाद इंस्पेक्टर अशोक शर्मा और सब इंस्पेक्टर संदीप को सस्पेंड कर दिया गया था। कमेटी गठन और पुनर्गठन की कहानीमामले की गंभीरता को देखते हुए 08 जुलाई 2025 को एक जांच कमेटी गठित की गई थी। इस कमेटी को पूरे स्टॉक की जांच के निर्देश दिए गए थे और शिकायतकर्ता को भी मौके पर शामिल किया गया था। बाद में कुछ सदस्यों के ट्रांसफर और कुछ के निलंबन के चलते कमेटी का पुनर्गठन जरूरी हो गया। इसके बाद पत्र क्रमांक 254 के तहत 12 जनवरी 2026 को नई जांच कमेटी बनाई गई थी। नई जांच कमेटी में ये सदस्य शामिलजिला खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले नियंत्रक, करनाल की ओर से बनाई गई नई चार सदस्यीय कमेटी में एएफएसओ मुकेश गुप्ता, इंस्पेक्टर नवीन (असंध), इंस्पेक्टर रणधीर (इंद्री) और सब इंस्पेक्टर अमजद को शामिल किया गया था। कमेटी को कुंजपुरा केंद्र पर भंडारित गेहूं (2025-26) के प्रबंधन, अलगाव और फ्यूमिगेशन कराने के निर्देश दिए गए थे। साथ ही खराब गेहूं को प्राथमिकता के आधार पर भारतीय खाद्य निगम तक भेजने की जिम्मेदारी भी सौंपी गई थी। जांच कमेटी पर भी उठे सवालशिकायतकर्ता विकास शर्मा ने आरोप लगाया था कि नई कमेटी में शामिल एएफएसओ मुकेश गुप्ता पहले से ही संदेह के घेरे में रहे हैं। उनका कहना है कि जब स्टॉक में गड़बड़ी हुई थी, तब इंस्पेक्टर अशोक शर्मा, सब इंस्पेक्टर संदीप और मुकेश गुप्ता की ड्यूटी लगी हुई थी। अशोक शर्मा और संदीप को सस्पेंड कर दिया गया, लेकिन मुकेश गुप्ता पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। शिकायतकर्ता की एंट्री ही कर दी बैनविकास शर्मा ने डीएफएससी को पत्र लिखकर मांग की थी कि मुकेश गुप्ता को जांच कमेटी से हटाया जाए और उन्हें जांच में शामिल किया जाए।लेकिन विभाग ने उल्टा शिकायतकर्ता की ही एफसीआई गोदाम में एंट्री बैन कर दी। इसके बाद विकास शर्मा ने हाईकोर्ट जाने की चेतावनी दी थी। लगातार सामने आ रहे मंडी के मामलेइससे पहले असंध मंडी में भी दो आढ़तियों के लाइसेंस सस्पेंड किए जा चुके हैं। एक पर गेहूं साफ न होने और दूसरे पर अतिरिक्त बैग रखने के आरोप लगे थे। वहीं करनाल अनाज मंडी में उत्तर प्रदेश के गेहूं की खरीद-फरोख्त कराने के मामले में भी एक आढ़ती का लाइसेंस निलंबित किया जा चुका है। अब फिर बढ़े सवालताजा मामले में गेहूं के बैग में ईंटें मिलने से एक बार फिर मंडी व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। निरीक्षण प्रणाली, खरीद एजेंसियों की भूमिका और अधिकारियों की जिम्मेदारी पर अब गंभीर चर्चा शुरू हो गई है। देखना होगा कि इस बार जांच में क्या सामने आता है और दोषियों पर कितनी सख्त कार्रवाई होती है।
हरियाणा के हिसार स्थित सेक्टर 13 में शाम को पति ने टीचर पत्नी की बेरहमी से प्रेस (इस्त्री) से वार कर हत्या कर दी। पुलिस के अनुसार टीचर के छाती, सिर, गले और अन्य जगह पर चोट के निशान थे। संभवत मरने से पहले पत्नी ने काफी संघर्ष किया था। टीचर सोनिया की सोनिया (36) की स10 साल पहले सेक्टर 13 के सौरभ आनंद से शादी हुई थी। इस शादी से उनकी 8 साल की बेटी भी है। हत्या से एक दिन पहले बेटी अपनी मौसी के घर गई हुई थी। सोनिया की बहन शालू और भाई सौरभ का कहना है कि दोनों पति-पत्नी में अनबन रहती थी। इसी झगड़े के कारण ही उसकी हत्या की गई है। वहीं हत्या के कुछ घंटे बाद ही एक चश्मदीद अमित सामने आया है। वह पास के ही मकान में रहता है। उसने बताया कि शाम को करीब साढ़े 6 से 7 बजे घर से तेज आवाजें आ रही थीं। कोई अंदर से गालियां निकाल रहा था। मैंने बाइक रोकी तो देखा कि बुजुर्ग महिला दरवाजा पकड़कर कांप रही है। ऊपर मेरा दोस्त रहता है वह किसी को ऊपर बुला रहा था। मुझे लगा परिवार का आपस का झगड़ा है, सुलझ जाएगा। पुलिस बोली-जांच में पति-पत्नी की झगड़ा निकला सिविल लाइन थाना प्रभारी करमजीत सिंह ने बताया कि शुरुआती जांच में मामला पति-पत्नी के झगड़ा का चल रहा है। अभी पति सौरभ आनंद फरार चल रहा है। पुलिस की कई टीमें उसके पीछे लगी हुई हैं। थाना प्रभारी बोले कि अभी जांच चल रही है। मां, जेठ और जेठानी की भूमिका अभी तक सामने नहीं आई है। मृतक सोनिया के भाई सौरभ के बयान हमने लिए हैं। शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद ही पता चलेगा हत्या को लेकर और स्थिति स्पष्ट होगी। हम सभी के बयान ले रहे हैं। सोनिया पिता की मौत के बाद उदास रहती थी सोनिया के पिता हरीश पपड़ेजा हिसार के संत नगर में रहते थे। उनका 8 फरवरी 2026 को निधन हुआ था। निधन के बाद से ही सोनिया उदास रहती थी। सोनिया ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर 12 मार्च को एक पोस्ट डाली थी जिसमें उसने लिखा था कि पिता जी आपके बिना जिंदगी बोझ सी लगती है। सोनिया के पिता ने गरीबी में अपने बच्चों को पढ़ाया लिखाया था। वह अब तक संत नगर में किराए के मकान में रहते हैं। पिता ने ही सोनिया का सौरभ के साथ प्रॉपर्टी को देखकर रिश्ता तय किया था ताकि बेटी खुश रहेगी। जानिए सोनिया की मौत के बाद किसने क्या कहा…
शहर के खाली प्लॉट बन चुके कचरा डंपिंग स्थल, गंदगी से बढ़ी परेशानी
बालोद | शहर के अंदरूनी एवं बाहरी क्षेत्रों में स्थित कई खाली प्लॉट अब कचरा फेंकने के स्थान बनते जा रहे हैं, जिससे आसपास गंदगी और अस्वच्छता की स्थिति निर्मित हो गई है। स्थानीय नागरिकों के अनुसार इन खाली प्लॉट्स में लोग खुलेआम कचरा फेंक रहे हैं, जिससे वहां बदबू और गंदगी फैल रही है। समय पर सफाई नहीं होने के कारण यह समस्या और गंभीर होती जा रही है। ऐसे खाली प्लॉट्स की नियमित सफाई कराई जाए तथा कचरा फेंकने वालों पर रोक लगाने के लिए ठोस कदम उठाए जाएं, ताकि शहर को स्वच्छ और स्वस्थ रखा जा सके। -विगु सोनकर, बालोद
शिक्षा व्यवस्था में आवश्यक सुधार लाने की जरूरत
बालोद | हाल ही में जारी 10वीं एवं 12वीं बोर्ड परीक्षा परिणामों में बालोद जिले का टॉप टेन सूची से बाहर होना शिक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल हैं। शिक्षकों एवं उच्चाधिकारियों के बीच समुचित तालमेल की कमी के कारण विद्यार्थियों के शैक्षणिक स्तर पर असर पड़ा है। यदि शिक्षण व्यवस्था में सुधार और लापरवाह शिक्षकों पर नकेल कसा जाए तो पढ़ाई व परीक्षा परिणामों में सुधार हो सकता है। -आरआर यदु, बालोद
लापरवाही पर लोहारा और गुंडरदेही के अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस
भास्कर न्यूज | बालोद जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के उद्देश्य से जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सुनील चंद्रवंशी ने स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक लेकर विभागीय कार्यों की समीक्षा की। यह बैठक संयुक्त जिला कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित की गई। बैठक के दौरान राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों की प्रगति असंतोषजनक पाए जाने पर सीईओ ने विकासखंड डौंडीलोहारा एवं गुंडरदेही के खंड चिकित्सा अधिकारियों सहित वीईटीओ एवं बीपीएम को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही अन्य स्वास्थ्य कार्यक्रमों में अपेक्षित उपलब्धि नहीं हासिल करने वाले सीएचओ एवं आरएचओ के साथ-साथ शून्य प्रसव वाले स्वास्थ्य केन्द्रों के कर्मचारियों के वेतन रोकने की कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए गए। सीईओ चंद्रवंशी ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देशित किया कि संबंधित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के साथ ही व्यवस्था में सुधार होने तक उनके वेतन पर रोक लगाई जाए। बैठक में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जे.एल. उइके, जिला कार्यक्रम अधिकारी आशुतोष शर्मा सहित स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, बीएमओ, बीपीएम एवं अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना: सीएमएचओ ने स्पष्ट कहा कि आम नागरिकों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। समीक्षा के दौरान टीकाकरण, परिवार नियोजन, कुष्ठ उन्मूलन, डायलिसिस, टीबी उन्मूलन, तंबाकू नियंत्रण, सिकल सेल, एनीमिया, मलेरिया जांच तथा स्वास्थ्य कर्मचारियों की आधार-आधारित उपस्थिति सहित विभिन्न योजनाओं की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की गई।
कलेक्टर ने राजस्व प्रकरणों का तय समय में निराकरण करने दिए निर्देश
भास्कर न्यूज | बालोद संयुक्त जिला कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित राजस्व विभाग की समीक्षा बैठक में कलेक्टर दिव्या मिश्रा ने जिले के सभी राजस्व अधिकारियों को निर्देशित किया है कि आम नागरिकों के राजस्व प्रकरणों का निर्धारित समय-सीमा में निराकरण किया जाए, ताकि लोगों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े। बैठक के दौरान कलेक्टर ने अधिकारियों को अधिकार अभिलेखों का शीघ्र निर्माण करने तथा आरबीसी 6/4 के प्रकरणों के त्वरित निराकरण पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राजस्व संबंधी मामलों में लापरवाही किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी। कलेक्टर ने अनुविभाग एवं तहसीलवार लंबित राजस्व प्रकरणों की समीक्षा करते हुए उनके शीघ्र निराकरण के निर्देश दिए। इसके साथ ही उन्होंने सुशासन तिहार के अंतर्गत आम जनता की समस्याओं के समाधान के लिए की जा रही तैयारियों की भी समीक्षा की। सुशासन तिहार के सफल आयोजन पर जोर: उन्होंने बताया कि सुशासन तिहार के सफल आयोजन के लिए संबंधित अनुविभाग के एसडीएम को नोडल अधिकारी तथा तहसीलदारों को सहायक नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। उनके मार्गदर्शन में जनसमस्या निवारण शिविरों का आयोजन एवं अन्य सभी कार्य किए जाएंगे। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि शिविरों में आने वाले नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए सभी आवश्यक तैयारियां समय पर पूर्ण की जाएं।
बुनियादी सुविधाओं की ओर ध्यान दिया जाए
बालोद | जिले के सभी नगरीय निकायों में नागरिकों को प्राथमिक सुविधाओं जैसे सड़क, बिजली, पानी, शिक्षा और स्वास्थ्य में अपेक्षित गुणवत्ता नहीं मिल पा रही है। नव निर्मित राष्ट्रीय राजमार्ग, पीडब्ल्यूडी एवं प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजनाओं के अंतर्गत बनी सड़कें गुणवत्ता विहीन हैं। कई स्थानों पर सड़कें टूटी-फूटी, गड्ढों से भरी तथा अमानक स्तर की होने के कारण दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। -विजय पारख, बालोद
अमृत मिशन 2.0: गुणवत्ताहीन निर्माण के साथ बाल मजदूरी कराई, निगरानी पर उठ रहे सवाल
कोसारटेडा| नगर पालिका क्षेत्र में संचालित अमृत मिशन 2.0 परियोजना अब लगातार विवादों में घिरती जा रही है। पहले से ही गुणवत्ताहीन निर्माण, अव्यवस्थित खुदाई, सुरक्षा मानकों की अनदेखी और आम जनता की परेशानियों को लेकर सवालों के घेरे में रही इस योजना में अब बाल मजदूरी का गंभीर मामला भी सामने आया है। जानकारी के अनुसार, नगर पालिका क्षेत्र के डीएनके कॉलोनी में पाइपलाइन बिछाने के बाद सीमेंट कंक्रीट से गड्ढों को ढकने के कार्य के दौरान नाबालिग बाल मजदूर से मजदूरी कराई जा रही है। सामने आए वीडियो में बाल मजदूर ने स्वयं को कोसारटेडा निवासी 16 वर्षीय बताया है। वह कोंडागांव के शासकीय बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में आठवीं उत्तीर्ण कर इस वर्ष नवमी कक्षा में प्रवेश लेने वाला छात्र है। नाबालिग के अनुसार, वह पिछले कई दिनों से निर्माण कार्य में मजदूरी कर रहा है, जिसके बदले उसे प्रतिदिन 700 से 750 रुपए तक भुगतान किया जा रहा है। बाल मजदूरी का मामला सामने आने के बाद नगर पालिका प्रशासन पर निगरानी व्यवस्था को लेकर गंभीर प्रश्न खड़े हो गए हैं। नगर पालिका सीएमओ देवेश सिंह चंदेल ने कहा कि उन्हें मामले की जानकारी मीडिया के माध्यम से मिली है, मामले की जांच कर ठेकेदार के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी, साथ ही बाल मजदूर को कार्य से पृथक किया जाएगा। हालांकि सवाल यह बना हुआ है कि पालिका क्षेत्र के भीतर लंबे समय से चल रहे निर्माण कार्यों के दौरान अधिकारियों, इंजीनियरों और जिम्मेदार विभागीय अमले को इसकी भनक तक क्यों नहीं लगी। इसके साथ ही सतत निगरानी कर गुणवत्ता पूर्ण कार्य के दावे पर भी अब सवाल खड़े होने लगे हैं।
संस्थान के अभिन्न अंग व संगठन की असली ताकत होते हैं श्रमिक: चौहान
भास्कर न्यूज | चिरमिरी अंतरराष्ट्रीय मजदूर दिवस पर एसईसीएल चिरमिरी क्षेत्र के विभिन्न माइंस में कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस दौरान अधिकारियों और कर्मचारियों ने श्रमिकों के अधिकार, सुरक्षा और कल्याण से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की और उनके योगदान की सराहना की। ओपन कास्ट चिरमिरी में कार्यक्रम की शुरुआत उप क्षेत्रीय प्रबंधक अरुण सिंह चौहान ने ध्वजारोहण के साथ की। इसके बाद श्रमिकों ने एकजुट होकर संस्था की प्रगति, समाज और देश के विकास में निरंतर योगदान देने का संकल्प लिया। चौहान ने कहा जब श्रमिक सशक्त होता है, तभी उद्योग मजबूत होता है और राष्ट्र तेजी से विकास के पथ पर आगे बढ़ता है। उन्होंने श्रमिकों को संस्थान का अभिन्न हिस्सा बताते हुए कहा कि किसी भी संगठन की असली ताकत उसके कर्मचारी होते हैं। आपसी सहयोग, विश्वास और एकजुटता से ही निरंतर प्रगति संभव है। उन्होंने यह भी कहा कि श्रमिकों के हितों की रक्षा करना सभी की जिम्मेदारी है और कंपनी द्वारा कर्मचारियों के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं लागू की गई हैं। कार्यक्रम में श्रम संगठनों के पदाधिकारियों ने भी अपने विचार व्यक्त करते हुए बेहतर कार्य परिस्थितियों और सुविधाओं की मांग रखी। उन्होंने श्रमिकों की सुरक्षा, स्वास्थ्य और अधिकारों को प्राथमिकता देने पर जोर दिया। कार्यक्रम का संचालन कार्मिक प्रबंधक योगेंद्र सिंह ने किया। इस दौरान खान प्रबंधक दिलीप कुमार पांडे, वरिष्ठ अभियंता केसी जॉनसन, रविकांत घृतलहरे, मनोज राय, विजय कुमार सहित श्रम संगठन के पदाधिकारी देवेंद्र नाथ शर्मा, राकेश सिंह, संतोष गौड़, लक्ष्मी प्रसाद, अंशुमान जायसवाल, सुशील सिंह और राजेश मौर्य समेत बड़ी संख्या में कर्मचारी उपस्थित रहे। उल्लेखनीय है कि भारत में मजदूर दिवस की शुरुआत 1 मई 1923 को मद्रास से हुई थी। यह दिन श्रमिकों के संघर्ष, त्याग और उनके अधिकारों के प्रति जागरूकता का प्रतीक माना जाता है।
मिशन हॉस्पिटल मोड़ अब परशुराम चौक, आकाशवाणी से नवापारा रोड अहिंसा मार्ग
नगर निगम ने शहर के प्रमुख चौक-चौराहों और मार्गों के नाम बदल दिए हैं। अब शहर के कई पुराने नाम बदल नए नाम आधिकारिक रूप से लागूहोंगे। इस निर्णय का उद्देश्य महापुरुषों व सामाजिक योगदान देने वाले व्यक्तियों को सम्मान देने के साथ ही शहर की पहचान को मजबूत करना बताया जा रहा है। निगम द्वारा जारी सूची के अनुसार, शहर के प्रमुख मिशन हॉस्पिटल चौक का नाम अब बदलकर परशुराम चौक कर दिया है। इसी तरह रिंग रोड स्थित कन्या परिसर चौक को भगवान बिरसा मुंडा चौक के नाम से जाना जाएगा। यह बदलाव आदिवासी समाज के महानायक बिरसा मुंडा के सम्मान में किया है। वहीं, आकाशवाणी चंद्रशेखर आजाद चौक से लेकर बाबा कार्तिक उरांव चौक तक के मार्ग का नाम अब अहिंसा मार्ग रखा है। इस नामकरण को शांति और सद्भाव का प्रतीक माना जा रहा है। इसके अलावा वार्ड क्रमांक 19 में स्थित महेश्वर गेस्ट हाउस गली का नाम बदलकर लोकतंत्र सेनानी (मीसाबंदी) स्व. राम अवध तिवारी गली कर दिया है, जिससे लोकतंत्र की रक्षा में योगदान देने वाले लोगों को सम्मान दिया जा सके। इसी क्रम में, मनेंद्रगढ़ रोड स्थित टाटा शोरूम के सामने वाले मार्ग का नाम अब चौधरी मोहरलाल मार्ग होगा। वार्ड क्रमांक 22 में आरएन गली का नाम बदल अटल मार्ग रखा है। दत्ता कॉलोनी का नया नाम अब विद्यानगर कॉलोनी होगा, जो क्षेत्र की नई पहचान के रूप में उभरेगा। इसी तरह वार्ड क्रमांक 37 के अंतर्गत शिवनगर कॉलोनी (जरहागढ़) क्षेत्र में बर्फ फैक्ट्री से शंकर सोनी के घर होते हुए राजू जायसवाल के घर तक जाने वाले मार्ग का नाम इन्द्रदेव सोनी पथ रखा है। साथ ही, एवेलॉन होटल के सामने महामाया रोड से स्टेट बैंक रोड तक की चिकवा गली को अब समृद्धि लेन मार्ग के नाम से जाना जाएगा। इसके अलावा, बिलासपुर रोड स्थित स्वच्छता चेतना पार्क का नाम बदलकर अटल स्वच्छता चेतना पार्क कर दिया है। निगम अफसरों का कहना है कि यह नामकरण स्वच्छता के प्रति जागरूकता और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के योगदान को ध्यान में रखते हुए किया है। नगर निगम की महापौर मंजूषा भगत ने कहा कि यह सभी नामकरण मेयर-इन-काउंसिल की अनुशंसा पर किए गए हैं और इन्हें अंतिम स्वीकृति सामान्य सभा से मिली है। जल्द ही इन नए नामों के अनुरूप साइन बोर्ड, दिशा संकेतक और अन्य शहरी संकेतकों को अपडेट किया जाएगा, ताकि आम नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। इधर शहर में इस निर्णय को लेकर मिली-जुली प्रतिक्रिया सामने आ रही है। जहां एक ओर कई लोग इसे महापुरुषों के सम्मान और शहर के विकास की दिशा में सकारात्मक कदम बता रहे हैं, वहीं कुछ लोगों का मानना है कि पुराने नामों से लोगों की भावनाएं जुड़ी होती हैं, जिन्हें बदलने से भ्रम की स्थिति होगी।
अफसरों ने कहा- विकास की नींव बनेगी जनगणना
पटना | तहसील क्षेत्र में देश की महत्वपूर्ण प्रशासनिक प्रक्रिया जनगणना का विधिवत आगाज हो गया है। इस महाभियान को त्रुटिरहित और समय-सीमा के भीतर संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने पूरी ताकत झोंक दी है। जनगणना कार्य की जमीनी तैयारियों को परखने के लिए चार्ज जनगणना अधिकारी प्रतीक जायसवाल ने क्षेत्र का दौरा किया। निरीक्षण के दौरान चार्ज अधिकारी ने प्रगणकों और संबंधित कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि डेटा संकलन में किसी भी तरह की लापरवाही न बरती जाए। उन्होंने कहा कि जनगणना केवल आंकड़ों का खेल नहीं, बल्कि भविष्य की सरकारी योजनाओं और विकास कार्यों की आधारशिला है। अधिकारियों ने सुपरवाइजरों को अपने क्षेत्रों में सतत निगरानी रखने और कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करने को कहा है। निरीक्षण के दौरान जनगणना टीम के प्रमुख सदस्य, जिनमें सुपरवाइजर अशोक गुप्ता, जितेंद्र साहू और पर्यवेक्षक ज्ञान प्रकाश राठौर शामिल रहे, मौजूद थे। अधिकारियों ने कर्मचारियों को निर्देशित किया कि वे प्रत्येक परिवार की जानकारी पूरी सटीकता के साथ दर्ज करें ताकि शासन की योजनाओं का लाभ वास्तविक पात्रों तक पहुंच सके। प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि जब जनगणना टीम उनके घर पहुंचे, तो उन्हें सही और सटीक जानकारी उपलब्ध कराएं। जनगणना कार्य शुरू होने के साथ ही तहसील में प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। आने वाले दिनों में प्रगणक घर-घर जाकर जानकारी एकत्र करेंगे, जिससे इस राष्ट्रीय कार्य को निर्धारित समय में पूर्ण किया जा सके।
12वीं में सुखविंदर तो 10वीं में श्रेयश-अंकिता अव्वल
छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल के 10वीं और 12वीं के परीक्षा परिणाम घोषित होते ही लक्ष्य शिक्षण संस्थान में उत्सव का माहौल है। संस्थान के विद्यार्थियों ने अपनी कड़ी मेहनत और उत्कृष्ट प्रदर्शन से क्षेत्र का मान बढ़ाया है। इस उपलब्धि पर संस्थान परिसर में एक सम्मान समारोह आयोजित कर मेधावी छात्र-छात्राओं को पुरस्कृत किया गया। परीक्षा परिणामों में कक्षा 10वीं के श्रेयश जायसवाल और अंकिता पैकरा ने 96.5% अंक प्राप्त कर संयुक्त रूप से प्रथम स्थान हासिल किया। वहीं, लक्ष्य पैकरा (95%), आशा बेक व संजना पैकरा (94.23%), सुदर्शना बेक व अंशु तिर्की (92.33%), अतुल यादव व नैतिक ठाकुर (91.66%) और नुमाइश (91.13%) ने भी शानदार अंक अर्जित किए। 12वीं बोर्ड में सुखविंदर पैकरा 93.8% अंकों के साथ अव्वल रहे, जबकि स्वाति यादव (92%) और आकाश (87.4%) ने क्रमशः द्वितीय व तृतीय स्थान पाया। संस्थान के संचालक सुदर्शन यादव ने बताया कि पिछले दो वर्षों से बोर्ड परीक्षार्थियों के लिए शाम 7 से रात 10 बजे तक विशेष निशुल्क कोचिंग संचालित की जा रही है।
रामगढ़ में सामुदायिक वन प्रबंधन पर हुआ जनसंवाद
भास्कर न्यूज | उदयपुर वन अधिकारों के प्रभावी क्रियान्वयन और सामुदायिक वन संसाधनों के बेहतर प्रबंधन को लेकर उदयपुर के रामगढ़ में आज एक महत्वपूर्ण जन संवाद कार्यक्रम आयोजित किया। इसमें बताया कि केंद्र सरकार द्वारा वर्ष 2006 में लागू किए गए अनुसूचित जनजाति और अन्य परंपरागत वन निवासी (वन अधिकारों की मान्यता) अधिनियम के तहत वन पर निर्भर समुदायों को उनके अधिकार प्रदान किए गए हैं। इसी कड़ी में सरगुजा जिले में अब तक 262 ग्राम सभाओं को सामुदायिक वन संसाधन प्रबंधन की मान्यता मिल चुकी है। हालांकि, पिछले 5-6 वर्षों में इन ग्राम सभाओं द्वारा वन संरक्षण और प्रबंधन की गति धीमी रही है। इसे ध्यान में रखते हुए चौपाल ग्रामीण विकास प्रशिक्षण व शोध संस्थान (सरगुजा) द्वारा 1 मई 2026 को उदयपुर ब्लॉक के रामगढ़ सीता बेंगरा में सामुदायिक वन संसाधनों के प्रबंधन पर जन संवाद का आयोजन किया। कार्यक्रम में विभिन्न ग्राम सभाओं के प्रतिनिधि अपने अनुभव, उपलब्धियां और चुनौतियां को साझा किया। इस दौरान सामुदायिक वन संसाधन प्रबंधन समितियों के संगठन निर्माण, पदाधिकारियों का चयन और भविष्य की कार्ययोजना पर भी चर्चा की जाएगी। कार्यक्रम में जंगलों की सुरक्षा और संरक्षण के लिए सामूहिक संकल्प भी लिया। इस जनसंवाद में करीब 1000 लोग शामिल हुए, जिनमें ग्राम सभा सदस्य, युवा, सामाजिक कार्यकर्ता और जनप्रतिनिधि सहित चौपाल संस्था प्रमुख गंगाराम पैकरा व संस्था के साथी नरेंद्र, विशेश्वर, निर्मला, रूमाना, शैलेंद्र, जीवन, बिरेंद्र, जयमन सिंह, मुक्ता कुजुर, अल्फा, सेवक, बहादुर, बीर, आकाश प्रमुख रूप से शामिल रहे। हाथी विशेषज्ञ अमलेंदु मिश्र व गरियाबंद के सामाजिक कार्यकर्ता बेनीपुरी गोस्वामी, विजेंद्र अजनबी वन अधिकार मंच छत्तीसगढ़ रायपुर, उपेंद्र सिंह प्रदेश अध्यक्ष, सचिव संघ, अनिल गुप्ता जिला अध्यक्ष सचिव संघ सरगुजा, भोलू राम पंडो मुखिया पंडो समाज, शिवरतन राम पहाड़ी कोरवा समाज प्रमुख, नानमणि पैकरा जिपं सदस्य, राधा रवि सदस्य जिपं ने भी अपने अनुभवों के माध्यम से मार्गदर्शन प्रदान किया कि कैसे सामुदायिक वन का उपयोग कर आय अर्जित करना है और इसे संरक्षित कर पौधारोपण कर आने वाली पीढ़ियों के लिए उपयोगी हों ऐसा पहल करना है। वन का उपयोग कर आय अर्जित करने दिए टिप्स
आत्मानंद स्कूल का 100% रिजल्ट, ज्योति-अंबिका टॉपर
पीएम श्री स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम विद्यालय, बतरा ने एक बार फिर बोर्ड परीक्षा परिणाम में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए क्षेत्र में अपनी खास पहचान कायम की है। विद्यालय ने लगातार तीसरे वर्ष भी 100 प्रतिशत परीक्षा परिणाम दर्ज कर अपनी शैक्षणिक गुणवत्ता साबित की है। परिणाम घोषित होते ही विद्यालय परिसर में उत्साह का माहौल रहा और विद्यार्थियों को मिठाई खिलाकर उनकी सफलता का जश्न मनाया गया। कक्षा 10वीं में ज्योति राजवाड़े ने 96.33 प्रतिशत अंक प्राप्त कर प्रथम स्थान हासिल किया। प्रज्ञा राजवाड़े 95.67 प्रतिशत के साथ द्वितीय और साक्षी राजवाड़े 94.17 प्रतिशत अंक लेकर तृतीय स्थान पर रहीं। वहीं कक्षा 12वीं में अंबिका प्रसाद ने 92.2 प्रतिशत अंक के साथ शीर्ष स्थान प्राप्त किया। अंतरा गुप्ता और इर्यांशु राजवाड़े 89.2 प्रतिशत के साथ संयुक्त रूप से द्वितीय तथा घनश्याम राजवाड़े 88.8 प्रतिशत अंक लेकर तृतीय स्थान पर रहे। विद्यालय के प्राचार्य गोवर्धन सिंह ने बताया कि कक्षा 10वीं में 31 विद्यार्थियों में से 29 प्रथम श्रेणी और 2 द्वितीय श्रेणी में उत्तीर्ण हुए, जबकि कक्षा 12वीं में 23 विद्यार्थियों में से 20 प्रथम और 3 द्वितीय श्रेणी में सफल रहे।
भास्कर न्यूज | बरौल जिले में संचालित राष्ट्रीय जनगणना अभियान की जमीनी हकीकत और गुणवत्ता परखने के लिए कलेक्टर एस. जयवर्धन शुक्रवार को क्षेत्र का निरीक्षण किया। वे भैयाथान विकासखंड के ग्राम खोपा पहुंचे, जहां उन्होंने अधिकारियों और प्रगणकों के साथ गांव की गलियों में पैदल भ्रमण किया। इस दौरान कलेक्टर ने न केवल कार्य की प्रगति देखी, बल्कि घर-घर जाकर ग्रामीणों से सीधा संवाद कर दर्ज किए जा रहे विवरण का सत्यापन भी किया। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने जनगणना कर्मचारियों से चर्चा करते हुए स्पष्ट किया कि यह प्रक्रिया केवल कागजी आंकड़े जुटाने तक सीमित नहीं है। उन्होंने कहा, जनगणना शासन की भविष्य की योजनाओं और विकास कार्यों की असली आधारशिला है। यदि हमारे आंकड़े सटीक और पारदर्शी होंगे, तभी सरकारी योजनाओं का लाभ अंतिम छोर पर बैठे सही पात्र हितग्राही तक पहुंच पाएगा। कलेक्टर ने प्रगणकों को निर्देशित किया कि डेटा दर्ज करते समय किसी भी प्रकार की जल्दबाजी या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कर्मचारियों से परिवारों की संख्या, सदस्यों के विवरण, आजीविका और सामाजिक स्थिति जैसी जानकारियों के बारे में विस्तार से पूछताछ की। उन्होंने निर्देश दिए कि किसी भी परिवार की जानकारी छूटनी नहीं चाहिए। हर विवरण पूरी गंभीरता और जिम्मेदारी के साथ दर्ज हो। निर्धारित समय-सीमा के भीतर त्रुटिरहित कार्य पूर्ण किया जाए। भ्रमण के दौरान कलेक्टर ने ग्रामीणों से भी चर्चा की और उनसे अपील की कि वे जनगणना दल को सही और सटीक जानकारी देकर प्रशासन का सहयोग करें। उन्होंने पदाधिकारी और कर्मचारियों को निर्देश दिए कि ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को इस प्रक्रिया के प्रति जागरूक करें और उनके साथ विनम्र व धैर्यपूर्वक व्यवहार करें ताकि लोग बिना किसी संकोच के अपनी जानकारी साझा कर सकें।
जीवन में सीखते रहना ही सफलता की कुंजी: योगी
भास्कर न्यूज | बरौल शिक्षा को समाज निर्माण का माध्यम मानकर अपना जीवन समर्पित करने वाले कन्या हायर सेकेंडरी स्कूल सलका-अघीना के प्राचार्य ओम प्रकाश योगी को विद्यालय परिवार और क्षेत्रवासियों ने विदाई दी। 42 वर्षों के लंबे सेवाकाल के बाद उनके सेवानिवृत्त होने पर स्कूल परिसर में विदाई समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के पूजन और छात्राओं द्वारा प्रस्तुत स्वागत गीत से हुआ। इसके बाद विद्यालय परिवार की ओर से प्राचार्य योगी को शॉल, श्रीफल और स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया। समारोह में मौजूद अभिभावकों, शिक्षकों और गणमान्य नागरिकों ने उन्हें पुष्पगुच्छ भेंट कर उनके द्वारा किए गए कार्यों के प्रति कृतज्ञता प्रकट की। मंच पर मौजूद वक्ताओं ने उनके कार्यकाल की प्रशंसा करते हुए कहा कि योगी ने केवल पाठ्यक्रम ही नहीं पढ़ाया, बल्कि छात्राओं में अनुशासन, संस्कार और आत्मविश्वास भरने का कार्य किया। उनके नेतृत्व में विद्यालय ने शैक्षणिक के साथ-साथ सांस्कृतिक क्षेत्रों में भी नए कीर्तिमान स्थापित किए। सहकर्मियों ने उन्हें एक सरल, अनुशासनप्रिय और प्रेरणादायक मार्गदर्शक बताया। विदाई की बेला में छात्राएं अपने प्रिय शिक्षक को विदा करते हुए भावुक नजर आईं।
आस्था ने 7वीं में 97.6% अंक लाकर किया विद्यालय टॉप
पीएम श्री स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम विद्यालय, बतरा की छात्रा आस्था गिरी ने कक्षा 7वीं की वार्षिक परीक्षा में 97.6 प्रतिशत अंक प्राप्त कर विद्यालय में प्रथम स्थान हासिल किया है। उनकी इस उपलब्धि से विद्यालय सहित ग्राम पंचायत कोटिया क्षेत्र में खुशी का माहौल है। आस्था के पिता अरुण गिरी और माता सुनीता गिरी ने बेटी की इस सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त की। परिजनों के अनुसार आस्था शुरू से ही मेहनती और पढ़ाई के प्रति गंभीर रही है। प्राचार्य गोवर्धन सिंह ने बताया कि नियमित अध्ययन और अभिभावकों के सहयोग से विद्यार्थी बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रधान पाठिका अंजना जायसवाल और शिक्षक हिमांशु शर्मा ने भी आस्था को अनुशासित और मेधावी छात्रा बताया। आस्था ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता, शिक्षकों और नियमित अभ्यास को दिया। विद्यालय परिवार ने छात्रा को मिठाई खिलाकर सम्मानित किया।
जिला अस्पताल की छत से गिरकर महिला की हुई मौत, स्वास्थ्य विभाग में हडकंप
जिला अस्पताल बलरामपुर में भर्ती एक महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में गिरकर मौत होने का मामला सामने आया है। घटना के बाद अस्पताल प्रबंधन और स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। फिलहाल पूरे मामले की जांच की जा रही है। विकासखंड बलरामपुर के ग्राम सेंदुर निवासी कलेश्वरी (50) को पेट दर्द, बुखार और उल्टी की शिकायत के चलते 27 अप्रैल को जिला अस्पताल में भर्ती कराया था। उनका इलाज जारी था और परिजन भी उनके साथ मौजूद थे। बीती रात 12:30 बजे पति रामधनी और बेटी मंजू सिंह की नींद खुली तो महिला बिस्तर पर नहीं मिली। परिजनों ने वार्ड, बाथरूम और आसपास के कमरों में तलाश की, लेकिन उनका पता नहीं चला। इसके बाद नीचे खोजबीन करने पर कलेश्वरी अस्पताल परिसर में छत से गिरी हुई गंभीर हालत में मिली। परिजनों ने तत्काल उन्हें इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराया, जहां प्राथमिक इलाज के बाद हालत गंभीर देखते हुए डॉक्टरों ने अंबिकापुर रेफर कर दिया। हालांकि रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। सिविल सर्जन डॉ. शशांक गुप्ता के अनुसार महिला की हालत में सुधार हो रहा था। देर रात वह संभवतः गर्मी या बाथरूम जाने बाहर निकली और छत से गिर गईं। उन्होंने बताया कि महिला ने किन परिस्थितियों में छलांग लगाई, यह स्पष्ट नहीं है और जांच का विषय है। घटना के बाद अस्पताल प्रबंधन ने मामले की जांच शुरू कर दी है। वहीं परिजनों में घटना को लेकर आक्रोश है।
अंबिकापुर-अनूपपुर सहित 9 स्टेशनों को मिला आईएसओ प्रमाण पत्र
रेलवे स्टेशन अंबिकापुर ने पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि हासिल की है। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे बिलासपुर मंडल के 9 प्रमुख रेलवे स्टेशनों को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप आईएसओ 14001:2015 पर्यावरण प्रबंधन प्रणाली का प्रमाण पत्र मिला है। स्वच्छ रेल, स्वच्छ भारत अभियान अंतर्गत इस उपलब्धि में अंबिकापुर और अनूपपुर स्टेशन शामिल हैं। आईएसओ प्रमाणन मिलने से साफ है कि अंबिकापुर स्टेशन पर स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और यात्री सुविधाओं के स्तर में सुधार हुआ है। इससे स्टेशन पर यात्रियों को अधिक साफ-सुथरा, सुरक्षित और पर्यावरण अनुकूल वातावरण मिलेगा, वहीं कचरा प्रबंधन, जल संरक्षण और ऊर्जा दक्षता जैसे मानकों का सख्ती से पालन किया जाएगा। अंबिकापुर के साथ-साथ अनूपपुर व मंडल के कुल 9 प्रमुख रेलवे स्टेशन बिलासपुर, चांपा, रायगढ़, कोरबा, पेंड्रारोड, शहडोल, उमरिया को भी आईएसओ 14001:2015 प्रमाणन प्रदान किया गया है। मालूम हो कि आईएसओ प्रमाणन एक विस्तृत और सख्त ऑडिट प्रक्रिया के बाद दिया जाता है, जिसमें स्टेशन की सफाई व्यवस्था, अपशिष्ट प्रबंधन, जल उपयोग, ऊर्जा खपत और पर्यावरण जागरूकता जैसे कई पहलुओं का मूल्यांकन किया जाता है। रेलवे के अनुसार अंबिकापुर स्टेशन पर कचरे के पृथक्करण और निपटान की बेहतर व्यवस्था लागू है, जिससे प्रदूषण में कमी आएगी। जल संरक्षण के तहत पानी के उपयोग को नियंत्रित और पुनः उपयोग की दिशा में कार्य किए गए हैं। वहीं ऊर्जा दक्ष उपकरणों के इस्तेमाल से बिजली की खपत कम होगी। इन प्रयासों से न केवल पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि यात्रियों को भी बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। इधर, अंबिकापुर रेलवे स्टेशन में दो नए प्लेटफार्म का निर्माण कार्य तेजी से जारी है। गुड्स शेड बंद होने के बाद निर्माण में आ रही बाधा अब दूर हो गई और लंबे समय से लंबित यह कार्य गति पकड़ चुका है। करीब एक साल पहले मिली स्वीकृति के बाद अब जमीन पर काम दिखाई देने लगा है। फिलहाल स्टेशन पर केवल एक प्लेटफार्म होने से ट्रेनों के संचालन में परेशानी हो रही थी और कुछ ट्रेनों को कमलपुर में रोकना पड़ता था। नए प्लेटफार्म बनने से यह समस्या दूर होगी और यात्रियों को सीधा लाभ मिलेगा। निर्माण कार्य के साथ ही नई लूप लाइन, 6 मीटर चौड़ा फुट ओवरब्रिज और डिजिटल डिस्प्ले सिस्टम भी तैयार किए जा रहे हैं। स्वच्छता और पर्यावरण के प्रति जागरूकता बढ़ेगी अंबिकापुर और अनूपपुर जैसे स्टेशनों पर इन व्यवस्थाओं के लागू होने से स्थानीय स्तर पर भी स्वच्छता और पर्यावरण के प्रति जागरूकता बढ़ेगी। रेलवे का कहना है कि भविष्य में भी ऐसे प्रयास जारी रहेंगे, ताकि यात्रियों को स्वच्छ, सुरक्षित और हरित वातावरण मिल सके। अंबिकापुर रेलवे स्टेशन के मुख्य प्रबंधक उमेश सिंह ने कहा कि स्टेशन पर साफ-सफाई व्यवस्था अच्छी होने के कारण आईएसओ प्रमाण पत्र दिया है।
दो वरिष्ठ शिक्षकों को विदाई दी...शिक्षा क्षेत्र में योगदान को किया गया सम्मानित
भास्कर न्यूज | महादेवडांड बगीचा विकासखंड शिक्षा विभाग के सभागार में आयोजित समारोह में दो वरिष्ठ शिक्षकों को विदाई दी गई। शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला कालिया के प्रधान पाठक अमृत राम खलखो और शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला सिहारडांड़ के शिक्षक नारायण यादव को सेवानिवृत्ति पर पेंशन भुगतान आदेश (पीपीओ) प्रदान किया गया। कार्यक्रम में उनके लंबे सेवाकाल और शिक्षा क्षेत्र में योगदान को याद करते हुए वक्ताओं ने कहा कि दोनों शिक्षकों ने न केवल विद्यार्थियों को शिक्षित किया, बल्कि उनके व्यक्तित्व और संस्कार निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके मार्गदर्शन में कई छात्र आज विभिन्न क्षेत्रों में सफलता प्राप्त कर रहे हैं। समारोह के दौरान दोनों शिक्षकों को शॉल, श्रीफल और स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। सहकर्मियों ने उनके सरल स्वभाव और सहयोगी कार्यशैली को याद करते हुए भावुक माहौल में विदाई दी। विकासखंड शिक्षा अधिकारी सुदर्शन पटेल ने कहा कि ऐसे शिक्षक समाज की मजबूत नींव होते हैं। समारोह में विभागीय अधिकारी, कर्मचारी और शिक्षक उपस्थित रहे और सभी ने उनके स्वस्थ व सुखमय जीवन की कामना की। इस अवसर पर सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारी दिलीप टोप्पो, लेखाकार शैलेश अम्बस्ट, प्रधान लिपिक अमृत किस्पोट्टा, तिलक श्रीवास, मनोज बाखला, एमआईएस समन्वयक ममता शर्मा सहित विभागीय कर्मचारी एवं शिक्षक उपस्थित रहे।
बसों की कमी से ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ीं, ट्रॉली में सफर करने को मजबूर
सोनहत | ब्लॉक सोनहत के ग्रामीण क्षेत्रों में इन दिनों यात्री सुविधाओं की कमी के कारण लोगों को जोखिम भरा सफर करना पड़ रहा है। हालात ऐसे हैं कि ग्रामीण, विशेषकर महिलाएं, ट्रैक्टर-ट्रॉली और पिकअप वाहनों में बैठकर यात्रा करने को मजबूर हैं। बुधवार को मुख्यालय में 40 डिग्री तापमान के बीच एक ट्रैक्टर की ट्रॉली में बैठकर महिलाएं लंबा सफर तय करती नजर आईं। भीषण गर्मी और तेज धूप के बावजूद वे अपनी मंजिल तक पहुंचने जान जोखिम में डाल रही थीं। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में यात्री बसों की कमी बनी हुई है। हालांकि मुख्यमंत्री यात्रा योजना के तहत कई बसों को परमिट दिया है, लेकिन इनमें से कई बसें नियमित यात्री सेवा देने के बजाय बारात और अन्य निजी कार्यों में लगी हुई हैं।
पति-पत्नी का एक साथ निधन एक ही कब्र में अंतिम विदाई दी
भास्कर न्यूज | राजिम समीपस्थ ग्राम बेलटुकरी में एक मार्मिक घटना सामने आई है, जहां जीवनभर साथ निभाने वाली एक दंपति मृत्यु के बाद भी एक-दूसरे से जुदा नहीं हुई। 81 वर्षीय द्वारिका प्रसाद हिरवानी और उनकी 78 वर्षीय पत्नी देवबती हिरवानी का एक ही दिन निधन हो गया। इससे गांव में शोक की लहर है। जानकारी के अनुसार, देवबती हिरवानी पिछले एक सप्ताह से गंभीर रूप से बीमार थीं और बिस्तर पर ही थीं। उनकी हालत को देखते हुए परिजनों और ग्रामीणों ने अंतिम संस्कार की तैयारियां तक शुरू कर दी थीं। 1 मई की रात उनके निधन की खबर जैसे ही द्वारिका प्रसाद को मिली, वे सदमे में आ गए। जीवनसाथी के बिना जीवन की कल्पना न कर पाने के कारण उन्होंने भी कुछ ही समय बाद अंतिम सांस ले ली। इस घटना ने हर किसी को भावुक कर दिया। परिजनों ने निर्णय लिया कि जीवनभर साथ निभाने वाले इस दंपति को अंतिम विदाई भी एक साथ दी जाएगी। पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ देवबती का श्रृंगार किया गया और फिर बाजा-नगाड़ों के साथ दोनों की संयुक्त शवयात्रा निकाली गई। अंत में पति-पत्नी के शवों का एक साथ अंतिम संस्कार किया गया। अंतिम विदाई के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण और रिश्तेदार मौजूद रहे।
डीजे ऑपरेटर की सड़क हादसे में मौत, आरोपी ड्राइवर फरार
भास्कर न्यूज | राजिम राजिम में गुरुवार रात एक भीषण सड़क हादसे में एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई। अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार डीजे ऑपरेटर का सिर बुरी तरह कुचल गया, जिससे घटनास्थल पर ही उसकी जान चली गई। हादसे के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, नवापारा निवासी जागेश्वर ध्रुव (22) गुरुवार रात करीब 10:30 बजे राजिम स्थित महाड़िक पेट्रोल पंप के सामने से गुजर रहा था। वह एक कार्यक्रम में डीजे बजाने के बाद बाइक से अपने घर लौट रहा था, तभी तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने उसकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण रही कि मौके पर ही युवक की मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, युवक का सिर और शरीर बुरी तरह क्षत-विक्षत हो गया। हादसे के बाद वाहन चालक मौके से फरार हो गया। घटना के बाद बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और राहगीर मौके पर जमा हो गए। घटना की सूचना मिलते ही राजिम थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रित किया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस अज्ञात वाहन और चालक की तलाश में जुटी हुई है।
सिंधौरी स्कूल का परीक्षा परिणाम जारी, डिंपल रहीं अव्वल
भास्कर न्यूज | राजिम शासकीय प्राथमिक शाला सिंधौरी में सत्र 2025-26 का वार्षिक परीक्षा परिणाम 29 अप्रैल 2026 को पारंपरिक रूप से घोषित किया गया। कार्यक्रम में पालक समिति की उपस्थिति में उत्साहपूर्ण वातावरण में परिणाम घोषित किया गया। कक्षा पांचवी, जो केंद्रीकृत बोर्ड परीक्षा के तर्ज पर आयोजित हुई, उसमें डिंपल वर्मा पिता सोहन वर्मा) ने 93.3 प्रतिशत अंक प्राप्त कर प्रथम स्थान हासिल किया। वहीं प्रिया साहू पिता सुरेश साहू) 92 प्रतिशत के साथ द्वितीय स्थान पर रहीं। तृतीय एवं चतुर्थ स्थान पर क्रमशः प्रियंका यादव (91%) व भूपेंद्र वर्मा (90%) रहे। इसके अलावा 6 अन्य विद्यार्थियों ने 89 प्रतिशत तक अंक अर्जित कर टॉप-10 में स्थान बनाया। इसी प्रकार कक्षा 1 से 4 तक के स्थानीय परीक्षा परिणाम भी घोषित किए गए। कक्षा चौथी में पूर्वांश पटेल ने A+ ग्रेड के साथ प्रथम स्थान प्राप्त किया, जबकि छत्रनी नगरची द्वितीय स्थान पर रहीं। कक्षा तीसरी में वंदना पटेल प्रथम एवं नेहा निषाद द्वितीय स्थान पर रहीं। कक्षा दूसरी में गरिमा देवांगन ने A+ के साथ प्रथम स्थान प्राप्त किया। वहीं कक्षा पहली में नवीन कुमार वर्मा ने प्रथम स्थान हासिल किया। कार्यक्रम में पालक समिति के अध्यक्ष सोहन लाल वर्मा की अध्यक्षता एवं मुख्य आतिथ्य में परिणाम घोषित किया गया। इस अवसर पर सरपंच प्रतिनिधि गजाधर साहू, नवोदय चयनित छात्रा त्रिशाली ध्रुव की माता नीरा ध्रुव, गायत्री वर्मा, पूनम पटेल सहित पंचगण एवं अभिभावक उपस्थित रहे। विद्यालय की ओर से सहायक शिक्षक गणेश राम कुम्हार तथा शिक्षिकाएं उर्वशी तारक एवं हेमलता ठाकुर सहित समस्त स्टाफ मौजूद रहा। संस्था प्रमुख नंद कुमार सिन्हा ने बताया कि कक्षा पांचवी में कुल 28 विद्यार्थी शामिल हुए, जिनमें 10 विद्यार्थियों ने 93 से 89 प्रतिशत के बीच अंक प्राप्त किए, जबकि 13 विद्यार्थियों ने 80 प्रतिशत तक अंक हासिल किए। शेष सभी विद्यार्थी प्रथम एवं द्वितीय श्रेणी में उत्तीर्ण घोषित हुए। इस प्रकार विद्यालय का परीक्षा परिणाम 100 प्रतिशत रहा, जो पिछले वर्ष की तुलना में बेहतर है।
राम रामेश्वर ने 12वीं में हासिल किए 88% अंक
सरस्वती शिशु मंदिर राजिम के छात्र राम रामेश्वर मिश्रा ने 12वीं बोर्ड परीक्षा में 88% प्राप्त कर विद्यालय में टॉप टेन में जगह बनाई है। इस अवसर पर अशोक मिश्रा, विकास मिश्रा, रेखा मिश्रा, आस्था मिश्रा,चंचल मिश्रा, करुणा उपाध्याय, नेमू राम साहू, रूपलाल साहू ने बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं।
हर दिन 700–800 फिट ओवरलोड हाईवा के गुजरने से सड़क खस्ताहाल, पुलिया धंसी
फिंगेश्वर विकासखंड में इन दिनों अवैध खनन और ओवरलोड परिवहन का खेल खुलेआम चल रहा है। पोखरा से कोपरा मार्ग पर सड़क निर्माण कार्य प्रगति पर है, लेकिन निर्माण के साथ-साथ भारी अनियमितताएं भी सामने आ रही हैं। बताया जा रहा है कि ग्राम कुंडेल से मुरम लोड कर 700–800 फिट तक ओवरलोड हाईवा वाहन तरीघाट, रविनगर और कौंदकेरा होते हुए सड़क पर मुरम डाल रहे हैं। क्षमता से अधिक भार के कारण जिन सड़कों से यह परिवहन हो रहा है, वहां डामर की ऊपरी परत पूरी तरह उखड़ चुकी है और जगह-जगह बड़े गड्ढे बन गए हैं। छोटे पुल-पुलिया भी अंदर धंसने लगे हैं, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। स्थिति यह है कि मंडेली गांव में ‘सुशासन तिहार’ के दौरान घोषणा के बावजूद राजिम-छुरा मार्ग (इसी सड़क का हिस्सा) पर मरम्मत कार्य में कोई तेजी नजर नहीं आ रही है। सड़कों पर गड्ढे और जर्जर हालात साफ दिखाई दे रहे हैं। बाबा फ्लाई ऐश ब्रिक्स के सामने का पुल भी अंदर की ओर धंसने लगा है। नाली और सड़क निर्माण के नाम पर काम तो चल रहा है, लेकिन इससे आम जनता की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। कार्य के दौरान कई घरों के नल-जल कनेक्शन पाइपलाइन मशीनों से कट गए हैं, जिससे जल आपूर्ति बाधित हो गई है। वहीं, सेंमराडीह-रोहिना क्षेत्र के हाथी बूड़ा पुल पर पीडब्ल्यूडी द्वारा किया गया मरम्मत कार्य भी अधूरा और लापरवाही भरा बताया जा रहा है, जहां केवल गिट्टी डालकर काम छोड़ दिया गया। इधर, कोपरा से पोखरा मार्ग पर दिन-रात दौड़ते वाहनों के कारण धूल का गुबार उड़ रहा है, जिससे राहगीरों और ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। जिस कंपनी को निर्माण का ठेका दिया गया है, उस पर भी गंभीर आरोप लग रहे हैं।
पंगत में बैठकर सर्व समाज ने पारंपरिक ‘बोरे-बासी’ का लिया स्वाद
भास्कर न्यूज | राजिम एक मई को विश्व मजदूर दिवस एवं छत्तीसगढ़ सरकार के सुशासन तिहार के अवसर पर राजिम नगर में सामाजिक समरसता और श्रम सम्मान का एक अनूठा आयोजन देखने को मिला। नगर के किसान पुत्रों ने सामाजिक नेता लाला साहू के निवास पर पारंपरिक बोरे-बासी भोज का आयोजन किया, जिसमें सर्व समाज के लोगों ने एक साथ बैठकर भोजन किया। इस आयोजन की खासियत यह रही कि समाज के विभिन्न वर्गों के लोगों ने बिना किसी भेदभाव के एक साथ पंगत में बैठकर बोरे-बासी का आनंद लिया। आमतौर पर घरों में खाया जाने वाला यह पारंपरिक भोजन इस दिन सामाजिक एकता, भाईचारे और श्रमिक सम्मान के प्रतीक के रूप में सामूहिक रूप से मनाया गया। कार्यक्रम में भाजपा के वरिष्ठ नेता जितेंद्र राजू सोनकर, नगर साहू संघ राजिम के अध्यक्ष रामकुमार साहू, सचिव राजू साहू, कोषाध्यक्ष तरुण साहू, संगठन मंत्री विष्णु साहू, पार्षद आकाश सिंह राजपूत, बलराम यादव, पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष शिवराज देवांगन, युवा नेता भूपेंद्र यादव, कुणाल गोस्वामी, इंद्रजीत कंडरा, समाजसेवी भोला साहू, किसलाल साहू सहित नवापारा क्षेत्र के डिगेश्वर साहू, कोमल साहू और आलोक कुमार साहू सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे सामाजिक एकता का उत्कृष्ट उदाहरण बताया। यह आयोजन यह संदेश देने में सफल रहा कि जब परंपरा, स्वास्थ्य और सामाजिक समरसता एक साथ जुड़ते हैं, तो समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। राजिम का यह सामूहिक बोरे-बासी आयोजन निश्चित ही आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणादायी उदाहरण बनेगा। बोरे-बासी: परंपरा और सेहत का संगम: बता दें, बोरे-बासी केवल छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक पहचान ही नहीं, बल्कि गर्मी के मौसम में बेहद लाभकारी आहार भी है। यह शरीर को शीतलता प्रदान करता है, पाचन को बेहतर बनाता है और हल्का व सुपाच्य होने के कारण स्वास्थ्य के लिए उपयोगी माना जाता है। यही कारण है कि आज भी प्रदेश में इसे बड़े चाव से खाया जाता है। छत्तीसगढ़ी व्यंजनों की महक से महका माहौल बोरे-बासी के साथ आम और टमाटर की चटनी, अचार, चेंच भाजी और छत्तीसगढ़ का प्रसिद्ध व्यंजन सालगा बड़ा की सब्जी परोसी गई। सादगी, अपनत्व और पारंपरिक स्वाद से सराबोर इस आयोजन ने सभी का मन मोह लिया। लोगों ने मिल-जुलकर भोजन किया व छत्तीसगढ़ी संस्कृति की जीवंत झलक प्रस्तुत की।
घुमका में रेत का अवैध परिवहन, 2 हाईवा जब्त
राजनांदगांव | खनिज विभाग द्वारा जिले में खनिज का अवैध उत्खनन एवं परिवहन करने वालों पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में खनिज विभाग द्वारा गस्त के दौरान ग्राम चारभाठा, घुमका, पटेवा, बीजेतला में खनिजों के अवैध परिवहन एवं भण्डारण पर कार्रवाई की गई। इसके तहत घुमका में देवेन्द्र साहू के स्वामित्व की हाईवा सीजी 07 सीएक्स 9116 से ग्राम नंदनी निवासी वाहन चालक हीरा पटेल द्वारा रेत का अवैध परिवहन करने तथा फागू वर्मा के स्वामित्व की हाइवा सीजी 08 एई 2553 द्वारा रेत का अवैध भण्डारण से परिवहन करने पर कार्रवाई करते हुए थाना घुमका को सुपुर्द किया गया। आगे की कार्रवाई की गई।
आईपीएल सट्टे का रैकेट फूटा, 2 करोड़ के लेन-देन का खुलासा
भास्कर न्यूज | राजनांदगांव राजनांदगांव पुलिस ने आईपीएल क्रिकेट सट्टे के अवैध कारोबार पर बड़ी कार्रवाई करते हुए बसंतपुर थाना क्षेत्र में संचालित सट्टा रैकेट का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया है, जबकि एक अन्य आरोपी फरार है। पुलिस के अनुसार शिकारीपारा क्षेत्र में मोबाइल के जरिए आईपीएल मैचों पर सट्टा खिलाया जा रहा था। सूचना मिलने पर बसंतपुर थाना पुलिस ने दबिश देकर आरोपी श्याम यादव (30) को रंगे हाथों पकड़ लिया। आरोपी के कब्जे से दो मोबाइल फोन और 2500 रुपए नकद जब्त किए गए। जांच के दौरान मोबाइल डेटा के विश्लेषण में करीब 2 करोड़ रुपए के लेन-देन का खुलासा हुआ है। बताया जा रहा है कि हर गेंद और ओवर पर लाखों रुपए का दांव लगाया जा रहा था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 6 और 7 के तहत मामला दर्ज कर उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया है। मामले में मुख्य आरोपी राकेश कुमार उमरे फरार है, जिसकी तलाश जारी है।
पशु चोरी के केस में 24 घंटे में 5 आरोपी गिरफ्तार, 96 हजार की संपत्ति जब्त की
भास्कर न्यूज | राजनांदगांव पुलिस ने पशु चोरी के मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए महज 24 घंटे के भीतर 5 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने चोरी किए गए मवेशियों समेत कुल 96 हजार रुपए की संपत्ति जब्त की है। मामला थाना लालबाग क्षेत्र का है, जहां प्रार्थी रुस्तम यादव ने 24 अप्रैल को रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसके मवेशियों में से 2 गाय और 1 भैंस चरने के बाद वापस नहीं लौटे। जांच के दौरान सीसीटीवी फुटेज में आरोपी मवेशियों को जंगलपुर स्थित क्षेत्र से ले जाते हुए नजर आए। पुलिस ने संदेहियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें उन्होंने अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी करना स्वीकार किया। आरोपियों के कब्जे से चोरी किए गए 3 गाय और 1 भैंस बरामद किए गए, जिनकी कीमत लगभग 70 हजार रुपए आंकी गई है। इसके अलावा घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल (कीमत करीब 20 हजार रुपए) और 6 हजार रुपए नगद भी जब्त किए गए। कुल जब्ती 96 हजार रुपए की है। गिरफ्तार आरोपियों में किशन यादव (23), तामेश्वर यादव (20), मिनेश यादव (45), समीर यादव (21) और सुनील यदु शामिल हैं।
गोंदिया स्टेशन में 20 दिन का ब्लॉक, 10 ट्रेनें कैंसिल, कई बदले रूट से भी चलेंगी
भास्कर न्यूज | राजनांदगांव रेलवे ने गोंदिया स्टेशन में 3 से 24 मई तक 20 दिनों का ब्लॉक लिया है। इस कारण 10 ट्रेनों को कैंसिल किया गया वहीं कई ट्रेनें नियंत्रित होकर तो कुछ बदले रुट से चलेगी। ऐसे में भीषण गर्मी के बीच रेल यात्रियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। ग्रीष्म अवकाश और शादियों के सीजन में रेलवे ने अन्य रेल खंडों में निर्माण कार्य के चलते पहले से कई ट्रेनों को कैंसिल कर रखा है। वहीं कुछ समर स्पेशल ट्रेन चलाई जा रही, लेकिन इसका डोंगरगढ़, राजनांदगांव स्टेशन में स्टॉपेज नहीं दिया गया है। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे नागपुर मंडल के गोंदिया स्टेशन में प्लेटफॉर्म 4 की वॉशेबल एप्रन हटा कर बैलेस्टेड ट्रैक बनाया जाएगा। यह कार्य 3 से 24 मई के बीच ब्लॉक लेकर किया जाएगा। इससे भविष्य में ट्रेनों की स्पीड बढ़ेगी और यात्रियों का समय बचेगा वह कम समय में अपने गंतव्य तक पहुंचेंगे। संरक्षा, परिचालन क्षमता और यात्री सुविधाओं में वृद्धि के उद्देश्य से रेलवे द्वारा यह कार्य किया जा रहा है। गोंदिया स्टेशन की लाइन नंबर 6 प्लेटफॉर्म 4 पर स्थित वॉशेबल एप्रन को हटाया जाएगा उसे आधुनिक बैलेस्टेड ट्रैक में परिवर्तित किया जाएगा। टाटानगर-इतवारी एक्सप्रेस दोनों दिशा में 20 दिन रहेगी कैंसिल: कार्य के दौरान प्लेटफॉर्म 4 डाउन मेन लाइन अस्थायी रूप से बंद रहेगी। इस कारण कुछ ट्रेनों को निरस्त, कुछ को बदले रूट से चलाई जाएगी। वहीं कुछ ट्रेनों को नियंत्रित किया जाएगा आंशिक रूप से गंतव्य से पहले समाप्त और वहीं से शुरू की जाएगी। गाड़ी संख्या 18109 टाटानगर-इतवारी एक्सप्रेस 3 से 22 मई तक कैंसिल रहेगी। गाड़ी संख्या 18110 इतवारी- टाटा एक्सप्रेस 5 से 24 मई तक कैंसिल की गई है। वहीं गाड़ी संख्या 68711 डोंगरगढ़-गोंदिया पैसेंजर 3 से 22 मई तक कैंसिल रहेगी। वहीं गाड़ी संख्या 68712 गोंदिया-डोंगरगढ़ पैसेंजर 3 से 22 मई तक कैंसिल रहेगी। गाड़ी संख्या 68713 गोंदिया-इतवारी 3 से 22 मई, गाड़ी संख्या 68716 इतवारी-गोंदिया 3 से 22 मई तक रद्द रहेगी। गाड़ी संख्या 58205 रायपुर-इतवारी पैसेंजर 3 से 22 मई तक कैंसिल रहेगी। गाड़ी संख्या 58206 इतवारी-रायपुर 4 मई से 23 मई तक कैंसिल रहेगी। गाड़ी संख्या 15231 बरौनी–गोंदिया एक्सप्रेस को 2 से 22 मई तक दुर्ग में नियंत्रित और प्रारंभ किया जाएगा। यह गाड़ी दुर्ग-गोंदिया के बीच कैंसिल रहेगी। गाड़ी संख्या 15232 गोंदिया-बरौनी एक्सप्रेस 3 से 23 मई तक दुर्ग में नियंत्रित और प्रारंभ होगी। गोंदिया-दुर्ग के बीच कैंसिल रहेगी।
जूझते रहे प्रगणक... न किट मिला, न शहरी क्षेत्र में एप शुरू हुआ, मकान ढूंढने में भी हुई परेशानी
भास्कर न्यूज | राजनांदगांव 16 साल बाद जनगणना की शुरुआत शुक्रवार से हुई, लेकिन पहले ही दिन जनगणना अव्यवस्था की भेंट चढ़ गई। प्रगणक अपने ड्यूटी क्षेत्र में मकान संख्या ढूंढते भटकते रहे। वहीं कई प्रगणकों की आईडी ही एप में लॉगिन नहीं हो सकी। जिसकी वजह से ज्यादातर हिस्सों में जनगणना का काम पहले दिन ठप रहा। निगम क्षेत्र में कई सुपरवाइजर एप ही चालू नहीं कर पाए। उन्हें पासवर्ड ही नहीं दिया गया था। किट भी नहीं मिला। दरअसल नगर निगम व तहसील क्षेत्र में प्रगणकों को जिओ टैग सैटेलाइट नक्शा उपलब्ध कराया गया है। प्रगणकों ने बताया कि नक्शे में कुछ भी स्पष्ट समझ नहीं आ रहा है। कौन सा मकान नंबर है, मकान कहां मौजूद है। यह ढूंढने में उन्हें काफी समस्या हो रही है। नक्शा भी साफ नहीं है, जिसके चलते मकानों को ढूंढना नई चुनौती बन गई है। घनी बसावट वाले वार्डों में ऐसी समस्या और गंभीर हो गई। जहां नक्शे के आधार पर मकानों तक पहुंचने में समस्या होती रही। ज्यादातर प्रगणकों ने पहले ही दिन काम बंद कर दिया या एक से दो घरों में ही जनगणना की यही समस्या जनगणना के लिए बनाए गए एप्लीकेशन में भी हुई। आईडी पासवर्ड डालने के बाद भी एप लॉगिन नहीं हुआ। जनगणना के लिए बांटी गई ड्यूटी चार्ट में भी समन्वय की भारी कमी देखने को मिल रही है। अलग-अलग ब्लाक में तैनात प्रगणकों की मानिटरिंग या समस्या के लिए सुपरवाइजर तैनात किए गए हैं। लेकिन ज्यादातर प्रगणकों को अपने सुपरवाइजर के लिए बारे में जानकारी ही नहीं है। वहीं सुपरवाइजर का मोबाइल नंबर भी प्रगणकों को उपलब्ध नहीं कराया गया है। जिसकी वजह से समस्या और बड़ी हो गई है। ^फिलहाल दिल्ली बाई-पोस्ट किट आ रही है, यह 6 या 7 मई तक बंटेगी। एप का पासवर्ड मैसेज में सुपरवाइजरों को आया होगा। एक साथ सबकी ट्रेनिंग हुई है। कई लोगों की ड्यूटी लास्ट में लगी है, क्योंकि कुछ मेडिकल रीजन से नाम कटे हैं। नए लोगों की ड्यूटी जिनकी लगी है, उन्हें निर्देश दिए गए हैं। जल्द ही यह प्रक्रिया गति पकड़ेगी। - अनिकेत साहू, नोडल अफसर जनगणना का पहला दिन सिर्फ औपचारिक की साबित हुआ। कुछ ही प्रगणक ऐसे थे, जिन्होंने 8 से 10 घरों में गणना पूरी की। सैटेलाइट नक्शे में की वजह से हो रही दिक्कत, एप लॉगिन की समस्या ने प्रगणकों को पूरे दिन उलझाए रखा। अलग-अलग ब्लाक के प्रगणकों ने इन समस्याओं को दूर करने की मांग प्रशासन से की है। ट्रेनिंग के दौरान जिस मॉडल एप से प्रशिक्षण दिया गया उसमें और जनगणना के वास्तविक एप में अंतर होने से भी प्रगणक परेशान हो रहे हैं।पहले दिन काम की औपचािरकता भर रह गई। ग्रामीण इलाकों में नक्शे और भवन क्रमांक के साथ संबंधित व्यक्ति का नाम भी प्रगणकों को दिया गया है। लेकिन जब प्रगणक वहां पहुंच रहे हैं, तो उन्हें न व्यक्ति मिल रहा है, न उक्त भवन क्रमांक। ऐसी स्थिति में प्रगणकों के सामने समस्या और बड़ी हो गई है। गंभीर बात यह है कि इन समस्याओं की शिकायत को सुनने के लिए पहले दिन कोई भी हेल्प डेस्क या टीम मौजूद नहीं रही।
मुफ्त मिर्गी रोग निदान व औषधि वितरण शिविर
राजनांदगांव | श्री सर्वेश्वरी समूह, शाखा भानपुरी द्वारा 3 मई को सुबह 3 बजे से 6 बजे तक (ब्रह्म मुहूर्त) नदी के समीप स्थित सर्वेश्वरी आश्रम में निशुल्क मिर्गी रोग निदान एवं औषधि वितरण शिविर का आयोजन किया जा रहा है। इस शिविर में फकीरी एवं आयुर्वेदिक पद्धति से निर्मित स्वदेशी दवाइयां निशुल्क दी जांगी। मरीज एवं उनके परिजन 2 मई को आश्रम पहुंचकर पंजीयन कर लें, जहां रुकने एवं भोजन की निशुल्क व्यवस्था उपलब्ध रहेगी, रात्रि विश्राम के लिए चादर साथ लाना आवश्यक है। छत्तीसगढ़, उड़ीसा, मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र से भी मरीज पंजीयन करा रहे हैं।
10वीं के टॉप टेन में चौथे स्थान पर रहे आदित्य बसु
अंबागढ़ चौकी| मोहला-मानपुर- अंबागढ़ चौकी के ग्राम तेली टोला बांधाबाजार निवासी तोरण लाल बसु व्याख्याता आत्मानंद अंबागढ़ चौकी के पुत्र आदित्य बसु ने छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा जारी कक्षा दसवीं के परीक्षा परिणाम में राज्य प्रावीण्य सूची में 98.5 प्रतिशत अंकों के साथ चौथा स्थान प्राप्त किया। आदित्य शुरू से ही मेधावी छात्र है। आवासीय प्रयास विद्यालय सड्डू रायपुर में अध्ययन करते हुए निरंतर मेहनत के साथ दसवीं बोर्ड परीक्षा में 600 अंकों में से 591 अंक प्राप्त कर विद्यालय, माता-पिता तथा अपने गुरुजनों तथा गांव का नाम रोशन किया है।
सना सिटी में बढ़ा पेयजल संकट, पार्षद के साथ महापौर यादव से मिले रहवासी
भास्कर न्यूज | राजनांदगांव वार्ड क्रमांक 45 अंतर्गत सना सिटी गली नंबर 2 में लंबे समय से बनी पेयजल समस्या को लेकर क्षेत्रवासियों ने वार्ड पार्षद दुरेंद्र साहू के नेतृत्व में नगर निगम महापौर मधुसूदन यादव से मुलाकात कर समस्या से अवगत कराया। नागरिकों ने बताया कि पानी की अनियमित आपूर्ति और पर्याप्त जल उपलब्ध नहीं होने के कारण रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित हो रही है। बढ़ती आबादी के चलते मौजूदा व्यवस्था नाकाफी साबित हो रही है। पार्षद दुरेंद्र साहू ने महापौर के समक्ष क्षेत्र की स्थिति रखते हुए कहा कि पेयजल व्यवस्था को मजबूत करने की जरूरत है। उन्होंने सना सिटी गली नंबर 2 में जल्द इंटर कनेक्शन कार्य कर स्थायी समाधान की मांग की। समस्या को गंभीरता से लेते हुए महापौर मधुसूदन यादव ने संबंधित अधिकारियों को तत्काल निर्देश देते हुए इंटर कनेक्शन कार्य शीघ्र शुरू करने के आदेश दिए। उन्होंने कहा कि नागरिकों को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना नगर निगम की प्राथमिकता है और पेयजल जैसी सुविधा में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। महापौर के आश्वासन के बाद क्षेत्रवासियों ने त्वरित पहल के लिए उनका और पार्षद का आभार जताया। इस दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
मिट्टी की डकैती:26 वैध लाइसेंस, सैकड़ों अवैध ईंट भट्ठे गांवों में बीहड़, नदियों का सीना छलनी
जिले के गांवों में लाल ईंट का खेल अब खुलकर सामने आ गया है। कागजों में सिर्फ 26 चिमनी भट्ठे वैध हैं, लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि सैकड़ों अवैध चिमनी और हजारों पंजा भट्ठे बेखौफ चल रहे हैं। खेतों की मिट्टी ऐसे उधेड़ी जा रही है कि उपजाऊ जमीन अब गड्ढों और बीहड़ों में बदल गई है। मिट्टी की इस अवैध खुदाई ने न सिर्फ खेती चौपट की है, बल्कि नदी-नालों का अस्तित्व भी खतरे में डाल दिया है। हैरानी की बात यह है कि भट्ठा संचालक सरकार को रायल्टी का एक रुपया तक नहीं दे रहे, लेकिन लाखों की कमाई कर रहे हैं। इधर, दो साल से एक भी ईंट भट्ठे के खिलाफ कार्रवाई नहीं होने से खनिज विभाग पर सवाल उठ रहे हैं। तखतपुर: नदी किनारे ‘डेथ ट्रैप’, गड्ढों में डूबकर मर रहे मवेशी तखतपुर के काठाकोनी और भिलौनी इलाके में मनियारी नदी के कछार को बुरी तरह खोद दिया गया है। काठाकोनी पुल पार करते ही अवैध भट्ठों की लाइन दिखती है। जमीन इतनी गहरी खोदी गई है कि बड़े-बड़े गड्ढे ‘डेथ ट्रैप’ बन चुके हैं। भिलौनी में खेत तालाब जैसे गड्ढों में बदल गए हैं। बारिश में इनमें पानी भर जाता है और मवेशी डूबकर मर जाते हैं। मस्तूरी: रिकॉर्ड में एक, मौके पर तीन भट्ठे मस्तूरी के ईंटवा गांव में खनिज विभाग के रिकॉर्ड में सिर्फ एक भट्ठा दर्ज है, लेकिन मौके पर तीन चिमनियां धुआं उगल रही हैं। दो भट्ठे पूरी तरह अवैध हैं। लावर गांव में तो बाहरी माफिया तक सक्रिय हो गया है। मध्य प्रदेश के रीवा से आए लोगों ने यहां जमीन खरीदकर भट्ठे शुरू कर दिए हैं। एक ही लाइसेंस में कई तरह के भट्ठे चलाए जा रहे हैं, जो नियमों के खिलाफ है। माफिया खुलेआम मनमानी कर रहे हैं। बिल्हा: कुम्हारी की आड़ में सिंडिकेट बिल्हा ब्लॉक के सरवानी, नगाराडीह और पिरैया गांवों में हालात और भी खराब हैं। यहां कुम्हारी कला की आड़ में बड़े पैमाने पर अवैध ईंट फैक्ट्रियां चल रही हैं। ग्रामीणों का कहना है कि माफिया जब चाहे, जहां चाहे मिट्टी खोद लेता है। विरोध करने पर धमकाया जाता है। पूरा इलाका काले धुएं और धूल से प्रभावित है। गांवों में हालात यह हैं कि जहां कभी खेत और मैदान थे, वहां अब गहरे गड्ढे हैं। ये गड्ढे न सिर्फ खेती खत्म कर रहे हैं, बल्कि लोगों और मवेशियों के लिए जानलेवा बन चुके हैं। रायल्टी में खेल: सालभर में सिर्फ 12.82 लाख जमाबड़े पैमाने पर कारोबार के बावजूद सरकार की रायल्टी बेहद कम है। पिछले वित्तीय वर्ष में जिलेभर से सिर्फ 12 लाख 82 हजार 625 रुपए जमा हुए। नियम के मुताबिक हर घनमीटर मिट्टी पर 50 रुपए रायल्टी और अलग से डीएमएफ व पर्यावरण उपकर देना होता है। ईंट बनाने के लिए कुम्हारों को शासन की ओर छूट है लेकिन जो बड़े पैमाने पर कारोबार कर रहे हैं, या गैर कुम्हार इस धंधे में लगे हैं, उनकी जांच की जाएगी। यदि चिमनी भट्ठा भी अवैध चल रहे हैं तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई होगी।केके गोलघाटे, डिप्टी डायरेक्टर, माइनिंग
दिव्यांगजनों का उपहास करने पर कार्रवाई की लगाई गुहार, कलेक्टर से की शिकायत
डूंगरपुर| दिव्यांगजनों के सम्मान और अधिकारों की रक्षा को लेकर आपणो संस्थान शाखा डूंगरपुर ने सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक वीडियो पोस्ट करने वाले यूजर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। संस्था के जिला अध्यक्ष शेखर भोई के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने शुक्रवार को कलेक्टर से मिलकर शिकायत दर्ज कराई। ज्ञापन में बताया कि एक सोशल मीडिया यूजर की ओर से साझा किए गए वीडियो में एक दिव्यांग व्यक्ति की शारीरिक स्थिति और चलने के तरीके का मजाक उड़ाया गया। वीडियो में आपत्तिजनक कैप्शन और इमोजी का प्रयोग किया गया, जिसे संस्था ने दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम 2016 का उल्लंघन बताया है। प्रतिनिधिमंडल ने आरोपी के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। कलेक्टर ने मामले की गंभीरता को देखते हुए शिकायत को साइबर सेल को भेजने और आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया। प्रतिनिधिमंडल में राज्य सचिव संतोष कटारा, जेंडर कमेटी सदस्य मणि कुमारी, रवीना पाटीदार और राकेश गमेती सहित अन्य पदाधिकारी शामिल रहे। वहीं, बड़ी संख्या में दिव्यांगजन भी इस दौरान मौजूद रहे।
ग्राम रथ अभियान से किसानों को मिल रहा सम्मान, ढोल-नगाड़ा वादन के साथ स्वागत
जिले के विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में शुक्रवार को ग्राम रथ पहुंचे। डूंगरपुर क्षेत्र के बोरी, काकरादरा, चकमहूड़ी, माड़ा, बलवाड़ा, आसपुर के घटाऊ, फलोज, हथाई, भोजतों का ओड़ा, सत्तू, खेमपुर, रघुनाथपुरा, सागवाड़ा क्षेत्र के गामड़ा बामनिया, नन्दौड़, गोवाड़ी, वणोरी, घोटाद, खड़गड़ा व चौरासी क्षेत्र के हड़मतिया, गंधवा, करावाड़ा, पोहरी पटेलन, पोहरी खातूरात और नेगाला में रथों का स्वागत किया। आसपुर में पूर्व विधायक गोपीचंद मीणा, सुरेश फलोजिया सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने स्वागत किया। ग्रामीणों को विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी दी। नोडल अधिकारी व सीईओ हनुमान सिंह राठौड़ ने बताया कि निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आगामी दिनों में भी विभिन्न ग्राम पंचायतों में रथ पहुंचकर ग्रामीणों को जागरूक करेंगे। डूंगरपुर. अभियान में उपस्थित ग्रामीण। डूंगरपुर| जिले में संचालित ग्राम रथ अभियान में रथ गांव-गांव पहुंचकर किसानों को जागरूक करने के साथ उन्नत कृषकों को सम्मानित कर रहा है। इस अभियान को लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में उत्साह का माहौल है और रथों का ढोल-नगाड़ों के वादन के साथ स्वागत किया जा रहा है। उपनिदेशक कृषि व पदेन परियोजना निदेशक आत्मा परेश पंड्या ने बताया कि आत्मा योजना में जिले के 46 कृषकों को ब्लॉक स्तर व 10 कृषकों को जिला स्तर पर सम्मानित करने के लिए चयनित किया गया है। इन किसानों को कृषि, उद्यानिकी, पशुपालन, डेयरी, जैविक खेती व नवाचार जैसी विभिन्न श्रेणियों में उनके उत्कृष्ट कार्य के लिए पुरस्कृत किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि ब्लॉक स्तर पर चयनित प्रत्येक कृषक को 10 हजार रुपए व जिला स्तर पर चयनित प्रत्येक कृषक को 25 हजार रुपए की पुरस्कार राशि दी जा रही है। इस प्रकार कुल 56 कृषकों को 7.10 लाख रुपए की राशि प्रदान कर सम्मानित किया जा रहा है। इससे किसानों का मनोबल बढ़ रहा है और अन्य किसान भी आधुनिक खेती की ओर प्रेरित हो रहे हैं।
सादड़ी: स्वच्छ सर्वेक्षण 2025 -26 के लिए मांगा फीडबैक
पाली | अजमेर में आईटा की सात दिवसीय ऑल इंडिया लॉन टेनिस चैंपियनशिप अंडर-18 में पाली की अभिलाषा गौड़ और आराधना गौड़ ने डबल्स का खिताब जीता। आराधना ने सिंगल्स का खिताब अपने नाम किया। पाली | राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं के लिए पाली टीम का चयन ट्रायल क्रिकेट एकेडमी, हाउसिंग बोर्ड में 3 मई को सुबह 8 बजे से होगा। जिला क्रिकेट संघ के सचिव धर्मवीर सिंह शेखावत ने बताया कि यह ट्रायल कॉल्विन शील्ड प्रतियोगिता के साथ अंडर 23 और अंडर 19 आयु वर्ग के खिलाड़ियों के लिए है। सादड़ी| नगरपालिका ने स्वच्छ भारत मिशन के तहत स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 के लिए QR कोड से फीडबैक मांगा है। आमजन अपनी राय और सुझाव दर्ज करा सकेंगे। ईओ नीलकमल सिंह ने बताया कि पालिका प्रशासन जन भागीदारी बढ़ा रहा है। पाली | एसीबीएसई की 10वीं की दूसरी परीक्षाएं 15 मई से शुरू होने जा रही हैं। तैयारियां जारी हैं। परीक्षा केंद्र लगभग फाइनल हो चुके हैं। प्रवेश पत्र भी अगले सप्ताह में जारी किए जाने की तैयारी है। इस परीक्षा में देशभर से 6 लाख से अधिक विद्यार्थी बैठेंगे। इनमें सबसे अधिक श्रेणी सुधार के लिए बैठने वाले हैं।
130 वाटर होल पर शाम 5 बजे तक गिनेंगे वन्य जीव
भास्कर संवाददाता| पाली / देसूरी जिले की 8 वन रेंज और कुम्भलगढ़ अभयारण्य के हिस्सों में बुद्ध पूर्णिमा की चांदनी रात में वन्यजीव गणना शुक्रवार शाम 5 बजे से शुरू हो गई। यहां 130 वाटर होल पर 200 से ज्यादा लोग मचान से शनिवार शाम 5 बजे तक गणना करेंगे। 8 रेंज के 73 वाटर हॉल और देसूरी वाइल्डलाइफ के 37 व सादड़ी के 20 वाटर होल पर गणना हो रही है। डीएफओ कस्तुरी प्रशांत सुले ने बताया कि 73 वाटर होल पर 73 ट्रेप कैमरे, 78 फारेस्ट स्टाफ, 64 वन्यजीव प्रेमी सहित 142 लोग वन्यजीव गणना में शामिल हुए। जवाई लेपर्ड कंजर्वेशन के रेंजर जितेंद्र मीना ने बताया कि जवाई रेंज में 18 वाटर हॉल पर वन्य जीवों की गणना जारी है। इनमें 8 वनकर्मी और 36 वॉलंटियर मचान से गणना कर रहे हैं। मैं वनरक्षक विष्णु प्रकाश मीणा जवाई रेंज के काम्बेश्वर रोड गोखली वाटर होल के पास पेड़ पर बनी मचान पर बैठा हूं। मेरे साथ वन्यजीव प्रेमी भैराराम भी हैं। शाम के धुंधलके में सबसे पहले मोरों का एक समूह प्यास बुझाने वाटर हॉल आया। रात के करीब 10 बजे सूखी पत्तियों के चरमराने की तेज आवाज आती है। कुछ जंगली सूअर और एक सियार पानी पीने आते हैं। रात 10:19 बजे दबे पांव एक शानदार लेपर्ड वाटर हॉल की तरफ बढ़ता दिखता है।
पैदल वृद्धा को बाइक ने चपेट में लिया, सिर के बल गिरने से मौत
पाली | मारवाड़ जंक्शन के देवली ढाणी आऊवा में गुरुवार शाम 7 बजे रोड पार करती बुजुर्ग महिला को तेज रफ्तार बाइक ने टक्कर मार दी। महिला उछलकर सिर के बल गिरी। गंभीर हालत में उसे हॉस्पिटल ले जाया गया। जहां से गंभीर हालत में हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। रास्ते में महिला की सांसें थम गईं। जानकारी के अनुसार देवली ढाणी की रहने वाली कन्यादेवी (66) पत्नी मगाराम चौधरी गुरुवार शाम 7 बजे पैदल रोड पार कर रही थीं। इस दौरान तेज रफ्तार से आ रहे बाइक सवार ने उन्हें पीछे से टक्कर मार दी।
बांगड़ कॉलेज में स्नातक में प्रवेश ऑनलाइन आवेदन शुरू
पाली | बांगड़ कॉलेज में कला, वाणिज्य और विज्ञान संकाय के स्नातक प्रथम सेमेस्टर में प्रवेश के लिए ऑनलाइन आवेदन शुरू कर दिए गए हैं। इच्छुक अभ्यर्थी www.dceapp.rajasthan .gov.in पर लॉगिन कर या ई-मित्र के माध्यम से निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आवेदन कर सकते हैं। आवेदन भरने की अंतिम समय-सीमा 16 मई 2026 बताई गई है। आवेदन 1 से 15 मई तक होंगे। अंतरिम वरीयता और प्रतीक्षा सूची 20 मई को जारी होगी। दस्तावेज सत्यापन और ई-मित्र पर शुल्क जमा कराने की अंतिम समय-सीमा 25 मई 2026 रहेगी।
सोजत रोड स्टेशन पर वेटिंग हॉल भी बन रहा
भास्कर संवाददाता | पाली नए सिरे से डेवलप किए जा रहे सोजत रोड रेलवे स्टेशन पर 75 वर्ग मीटर का वेटिंग हॉल भी बनाया जा रहा है। क्योंकि 300 मेहंदी फैक्ट्री वाले शहर में रोज करीब 90 व्यापारी देशभर से आते हैं। उत्तर पश्चिम रेलवे 21.20 करोड़ रुपए का बजट स्वीकृत हुआ था। स्टेशन का 85 प्रतिशत कार्य पूरा चुका है। रेलवे ने अमृत भारत स्टेशन योजना में शामिल कर रखा है। अभी करीब 11 हजार वर्ग मीटर क्षेत्र में प्लेटफार्म सरफेसिंग का कार्य किया जा रहा है। प्लेटफार्म पर नए शेल्टर का निर्माण हो रहा है। मवेशियों परिसर में आने से रोकने के लिए स्टेशन के दोनों छोर पर काउ कैचर्स लगाए जा रहे हैं। अभी नई लिफ्ट और फुट ओवर ब्रिज स्थापित करने का काम 70 प्रतिशत पूरा हो गया है। मुख्य जनसंपर्क अधिकारी अमित सुदर्शन ने बताया कि स्टेशन पर आधुनिक कोच पोजिशन डिस्प्ले सिस्टम, डिजिटल साइनेज और पब्लिक अनाउंसमेंट सिस्टम से अपग्रेड किया गया है। कम ऊंचाई वाले टिकट काउंटर, विशेष वाटर बूथ और समर्पित पार्किंग स्थल का निर्माण पूरा हो चुका है। स्टेशन के मुख्य प्रवेश द्वार और सर्कुलेटिंग एरिया का सौंदर्यीकरण का काम चल रहा है। कारोबारियों के लिए जरूरत थी : सोजत इकाई अध्यक्ष, लघु उद्योग भारती विकास टाक का कहना है कि 300 फैक्ट्रियों में प्रोसेस के बाद 40 हजार टन मेहंदी सालभर बिकती है। टर्नओवर 1 हजार करोड़ का होता है। बिक्री का 20 प्रतिशत माल विदेशों में एक्सपोर्ट होता है। मेहंदी खरीदने के लिए देश के अलग अलग राज्यों से रोज 80 से 90 व्यापारी रोज रेलवे स्टेशन से सोजत रोड आते हैं। इनके लिए वेटिंग रूम की जरूरत है।
ग्राम रथ आए तो दस्तावेज साथ ले जाएं, ताकि पात्रता पता चले
भास्कर संवाददाता| पाली जिले के ग्रामीण अंचलों में इन दिनों ''ग्राम रथ अभियान चल रहा है। जब भी ग्राम रथ आपके गांव पहुंचे, तो अपने साथ जन-आधार या आधार कार्ड अवश्य लेकर आएं। अक्सर जानकारी के अभाव में पात्र व्यक्ति भी लाभ से वंचित रह जाते हैं। इस समस्या को दूर करने के टीम अपनी पात्रता जांच कर जानकारी दे सकें। यह टीम मौके पर ही लाभार्थी के दस्तावेजों की जांच करती है और यह बताती है कि उनकी केवाईसी अपडेट है या नहीं। उन्हें यह भी स्पष्ट किया जाता है कि वे वर्तमान में किन-किन योजनाओं के लिए पात्र हैं, जिससे उन्हें अब सरकारी दफ्तरों के बार-बार चक्कर नहीं काटने पड़ रहे हैं। अभियान क दौरान ग्रामीणों को कलाकार तेरह ताली नृत्य से योजनाओं की जानकारी दे रहे हैं। सूचना और तकनीक से लैस ये वैन अब केवल सूचनाओं के आदान-प्रदान का माध्यम नहीं रही, बल्कि गांवों में ही सरकारी योजनाओं का एक्स-रे करने वाला एक सशक्त केंद्र बन गई हैं। इस अभियान के तहत प्रशासन का मुख्य उद्देश्य सरकारी सुविधाओं और आम जनता के बीच की दूरी को पूरी तरह समाप्त करना है। जिले में बाली, पाली, सुमेरपुर, सोजत और मारवाड़ जंक्शन के लिए 5 कलाकार का ग्रुप बनाया है। इसमें हर एक ग्रुप में 4 कलाकार व एक ग्रुप लीडर बनाया गया है। जो कि अपनी कला और लोकल गीतों से योजनाएं बता रहे हैं। एलईडी स्क्रीन पर जिले के ही सफल किसानों और पशुपालकों की लघु फिल्में दिखाई जा रही हैं। योजनाओं की शर्तें और मुख्यमंत्री का संदेश प्रसारित किया जा रहा है, ताकि लोगों को आधिकारिक जानकारी सीधे प्राप्त हो सके। आज और कल यहां जाएगा रथ : शनिवार को खांडी, डूगरपुर, सोनाईलाखा, बिठू, कालीवाड़ा, नेतरा, खिवांदी, बीजापुर, कुण्डाल, गोरिया, गुड़ा सूरसिंह, मलसाबावड़ी, फुलाद, गागुड़ा और झूपेलाव में रथ पहुंचेगा। इसके अलावा रविवार को बिठू, चाटेलाव, गढ़वाड़ा, माण्डावास, दुजाना, सिन्दरू, साण्डेराव, कुरण, कोयलवाव, नाडिया, जोजावर, बासोंर, बासनी, धनला, बिलावास और रेपड़ावास में आएगा।
पाचुंडा कलां में 1.129 किलो अफीम दूध जब्त
पाली | पाली में एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स और सोजत रोड थाना पुलिस ने पाचुंडा कलां में कार्रवाई की। यहां से 1 किलो 129 ग्राम अफीम का दूध जब्त कर 55 वर्षीय तस्कर को गिरफ्तार किया है। तौलने के लिए इलेक्ट्रॉनिक कांटा और 30 हजार रुपए की नकदी बरामद की गई है। थानाधिकारी कमला को मुखबिर के जरिए सूचना मिली थी। एएनटीएफ पाली चौकी प्रभारी सूरजभान और उनकी टीम हेड कांस्टेबल रोहिताश, कांस्टेबल ओमराज, रामनिवास ने गुरुवार देर रात को घर पर दबिश दी थी। प्लास्टिक की थैलियों में भरा हुआ अफीम का दूध बरामद हुआ।
जवाई में अब हर सफारी ट्रैक होगी; नाइट सफारी, बैटिंग, ड्रोन पूरी तरह रहेगा बैन
जवाई कंजर्वेटिव क्षेत्र का इको सिस्टम बचाने के लिए हाईकोर्ट के आदेश पर बनी सिस्टम के 4 बड़े हथियार हैं। अब सभी सफारी वाहनों में जीपीएस अनिवार्य है। इसकी निगरानी के लिए बाहरी एजेंसी को नियुक्त किया जाएगा, ताकि डेटा में कोई छेड़छाड़ न हो सके। बेहतर मॉनिटरिंग के लिए पूरे क्षेत्र को 4 हिस्सों में बांटा गया है। क्लस्टर ए में बीसलपुर, पेरवा, बलवाना, क्लस्टर-बी में सेना, जीवड़ा, क्लस्टर-सी में दूदनी, रघुनाथपुरा, मोरी। क्लस्टर-डी में कोठार, वेलार, वरावल (सबसे संवेदनशील इलाका) शामिल किया गया है। कलेक्टर की अध्यक्षता में जवाई सफारी एंड इको-टूरिज्म को ऑर्डिनेशन कमेटी का गठन किया गया है, जो सीधे तौर पर नियमों को लागू करवाएगी। अब वन्यजीव संरक्षण अधिनियम की धारा 9 के तहत नाइट सफारी करना, बैटिंग (मांस डालना ),चारा डालना, ड्रोन उड़ाना और जीपीएस से छेड़छाड़ करना गंभीर उल्लंघन माना जाएगा। ऐसा करने पर गाड़ी को तुरंत रोका जा सकता है, उसे ब्लैकलिस्ट किया जा सकता है और जहां वाइल्डलाइफ प्रोटेक्शन एक्ट लागू नहीं होता, वहां 25 हजार रुपए का जुर्माना लगेगा। एसओपी की आधिकारिक अधिसूचना जारी होने के बाद 60 दिन का एक ट्रांजिशन पीरियड दिया जाएगा। इस दौरान सभी सफारी गाड़ियों का रजिस्ट्रेशन किया जाएगा, जीपीएस लगाए जाएंगे और ड्राइवर-रिसॉर्ट्स से लिखित शपथ पत्र लिए जाएंगे। 60 दिन बाद समझाइश का दौर खत्म होगा और तीन चरणों में पूरी एसओपी लागू हो जाएगी। एसओपी डीसीएफ पाली कस्तूरी प्रशांत सुले, एसीएफ साहिल पोसवाल ने तैयार की है। इसमें सीसीएफ जोधपुर अनूप केआर की भूमिका भी बहुत महत्वपूर्ण रही। नक्शे में जंगल नहीं, इसलिए मिलती रही मंजूरी; जमीन पर गुफाएं थीं, इसलिए पैंथर भाग गए जवाई की अधिकांश पहाड़ियां सरकारी रिकॉर्ड में राजस्व भूमि दर्ज हैं। यही वो लूपहोल है, जिसने पूरा खेल बदल दिया। वन विभाग केवल फॉरेस्ट बाउंड्री देखता रहा। नक्शे पर जहां जंगल नहीं, वहां खतरा भी नहीं माना गया और इसी आधार पर ‘मैकेनिकल एनओसी’ जारी होती रही। जमीन पर क्या है? लेपर्ड की गुफा, ब्रीडिंग साइट या कॉरिडोर, यह जांच का हिस्सा ही नहीं था। बाली क्षेत्र के कोठार गांव में यह विरोधाभास साफ दिखता है। एक खसरा पर रिसॉर्ट का निर्माण हुआ। ठीक नीचे पहाड़ी, जहां लेपर्ड की सक्रिय गुफाएं हैं। याचिका के अनुसार यहां 4-5 शावकों के साथ लेपर्ड रह रहे थे। निर्माण शुरू हुआ। आवाजाही बढ़ी और अब डेन अबंडनमेंट (मांद छोड़ना) के संकेत मिल रहे हैं। स्थानीय गाइड बताते हैं कि पहले यहां रोज साइटिंग होती थी। जवाई में पर्यटन धीरे-धीरे इको-टूरिज्म से शो-टूरिज्म में बदल गया। सीजन में 300 से ज्यादा जिप्सियां, लेपर्ड को पास लाने के लिए मांस डालना (बैटिंग), रात में फ्लैशलाइट के साथ नाइट सफारी, गुफाओं के बाहर भीड़ और शोर होता रहा। 4 क्लस्टर में बांटा पूरा क्षेत्र, रिसॉर्ट मालिक भी होंगे जिम्मेदार, 60 दिन में रजिस्ट्रेशन अनिवार्य
एग्रो प्रोसेसिंग यूनिट, पॉलीहाउस को बढ़ावा देने के लिए निवेश की अपील
डूंगरपुर| ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट के तहत उद्यानिकी में निवेश बढ़ाने के लिए संभावित निवेशकों व उद्यमियों की पहचान कर सरकार के साथ एमओयू करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। विभिन्न क्षेत्रों के निवेशकों से संपर्क स्थापित कर उन्हें राज निवेश पोर्टल पर पंजीकरण कर निवेश प्रस्ताव प्रस्तुत करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। तैयार एमओयू की अंतिम सूची 4 मई तक विभाग को भेजी जाएगी। यह जानकारी उप निदेशक उद्यान विकास कुमार चेचानी ने दी।
33912 लोगों को पहली किस्त जारी फिर भी 19 हजार से ज्यादा घर अधूरे
डूंगरपुर| पीएम आवास योजना ग्रामीण में जिले की प्रगति रिपोर्ट ने गंभीर खामियां उजागर कर दी हैं। 1 मई तक की एफटीओ यानि फिजिकल प्रोग्रेस रिपोर्ट के अनुसार हजारों लाभार्थियों को पहली किस्त जारी होने के बावजूद बड़ी संख्या में आवास अधूरे पड़े हैं। अब विभाग ने ऐसे मामलों में नोटिस जारी कर सख्ती शुरू की है। रिपोर्ट के अनुसार जिले में वर्ष 2024-25 से 2025-26 के बीच कुल 34 हजार 278 आवासों का लक्ष्य निर्धारित किया गया। इसके मुकाबले 33 हजार 912 लाभार्थियों को पहली किस्त जारी कर दी गई, जो कि लगभग 99 प्रतिशत है, हालांकि इसके बाद प्रगति धीमी पड़ गई। दूसरी किस्त तक केवल 27 हजार 578 लाभार्थी ही पहुंच सके, जबकि तीसरी किस्त 14 हजार 492 लाभार्थियों को ही मिल सकी। सबसे अहम बात यह है कि इस अवधि में केवल 14 हजार 972 आवास ही पूर्ण हो पाए हैं। सागवाड़ा ब्लॉक में 6 हजार 228 लक्ष्य के मुकाबले बड़ी संख्या में आवास तीसरी किस्त से पहले ही अटक गए। सीमलवाड़ा में 4 हजार 346 लक्ष्य के मुकाबले केवल 2 हजार 159 आवास पूर्ण हो पाए। बिछीवाड़ा और डूंगरपुर ब्लॉक में भी दूसरी और तीसरी किस्त के बीच बड़ी गिरावट दर्ज की गई। इससे साफ है कि पहली किस्त जारी होने के बाद निर्माण कार्य की गति कई जगहों पर थम गई। इसमें 364 लाभार्थियों की पहली किस्त ही लंबित है। इसका मुख्य कारण आधार आधारित भुगतान प्रणाली में तकनीकी दिक्कतें बताई गई हैं। 6 हजार 334 मामलों में दूसरी किस्त लंबित है, जबकि 13 हजार 86 मामलों में तीसरी किस्त अटकी हुई है। इसके अलावा 19 हजार 304 मामलों में पूर्णता के बाद भी भुगतान लंबित दिखाया गया है। ^फिजिकल प्रोग्रेस रिपोर्ट (एफटीओ) का प्रोसेस जयपुर से किया जाता है। जीओ टेंगिंग के आधार पर किस्तों का चयन होता है। हमारा प्रयास है कि जून तक जितने अधूरे आवास हैं, उन लाभार्थियों को पूरा लाभ दिलाया जाएगा। - सीईओ हनुमानसिंह राठौड़, जिला परिषद डूंगरपुर। ब्लॉक पहली दूसरी तीसरी पूर्ण अधूरे आसपुर 3325 2511 1189 1341 1995 बिछीवाड़ा 3621 3081 1514 1580 2054 चीखली 2300 2033 1521 1478 896 दोवड़ा 3005 2416 1213 1169 1871 डूंगरपुर 3395 2917 1213 1379 2052 गलियाकोट 2889 2396 1266 1255 1711 झौंथरी 2083 1786 927 1053 1053 साबला 2749 1996 1090 1129 1686 सागवाड़ा 6222 4737 2250 2429 3799 सीमलवाड़ा 4323 3705 2309 2159 2187 कुल 33912 27578 14492 14972 19304
ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं, अधिकारी के निलंबन के निर्देश
डूंगरपुर| करावाड़ा ग्राम पंचायत की रात्रि चौपाल में औपचारिक बैठक की बजाय ग्रामीणों की नाराजगी और प्रशासन की जवाबदेही का आमना-सामना हो गया। करावाड़ा के स्कूल परिसर में ग्रामीण जुटे और जैसे ही कलेक्टर देशलदान पहुंचे, माहौल सवालों और शिकायतों से गरमा गया। ग्रामीणों ने एक-एक कर अपनी समस्याएं रखनी शुरू कीं। इसमें कहीं सूखी नहरें, कहीं खाद की कमी, तो कहीं स्कूल में शिक्षक कमी की समस्या उठाई। भीड़ में से भी आवाजें उठीं चार साल से खाद नहीं मिली, नहर टूट रही है, फसल सूख रही है, पानी के लिए भटकना पड़ रहा है। चौपाल का माहौल ऐसा था कि हर विभाग पर सीधे सवाल उठ रहे थे। इस अवसर पर सीईओ हनुमान सिंह राठौड़ भी मौजूद रहे। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि राशन वितरण व्यवस्था में अनियमितताएं हैं और जिम्मेदार अधिकारी शिकायतों पर ध्यान नहीं देते। जब कलेक्टर ने मौके पर रसद अधिकारी और प्रवर्तन निरीक्षक की उपस्थिति जांची, तो दोनों अनुपस्थित पाए गए। इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए कलेक्टर ने तुरंत कार्रवाई करते हुए प्रवर्तन निरीक्षक के खिलाफ निलंबन के निर्देश दिए। इस फैसले के बाद चौपाल में सन्नाटा छा गया। चौपाल में ग्रामीणों ने बताया कि 1.72 रुपए करोड़ की सिंचाई योजना के बावजूद नहरों में रिसाव हो रहा है। 4 साल से यूरिया-डीएपी की खाद नहीं मिल रही। फसल खरीद केंद्र नहीं होने से किसानों को कम दाम मिलता है। वहीं पेयजल संकट से गर्मी में हालात खराब हो रही है। स्कूल में 19 पद खाली होने के साथ भवन की सुविधा नहीं है। पीएचसी अधूरा होने से इलाज में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने गांवों में बढ़ती सुरक्षा चिंताओं को देखते हुए सीसीटीवी कैमरे लगाने की मांग उठाई। इस पर कलेक्टर ने संबंधित विभागों को तथ्यात्मक रिपोर्ट पेश करने और आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। चौपाल में कलेक्टर ने कहा कि अब फाइल नहीं, फील्ड में काम दिखना चाहिए।
पहली बार अत्याधुनिक साधनों के साथ वन्यजीव गणना शुरू, जिले की छह रेंज में ट्रैप कैमरे लगाए
डूंगरपुर। बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर वन विभाग की ओर से शुक्रवार शाम 5 बजे से वन्यजीव गणना शुरू हुई। यह शनिवार 2 मई को शाम 5 बजे तक चलेगी। इसके तहत जिले के विभिन्न वन क्षेत्रों में वन्यजीवों की गतिविधियों का आंकलन करते हुए गणना की जाएगी। कार्यवाहक उपवन संरक्षक सीपी सिंह ने बताया कि जिले के कुल 6 वन क्षेत्रों में चयनित 42 जल स्रोतों (वाटर होल्स) पर वन्यजीवों की गिनती की जाएगी। गर्मी के मौसम में पानी पीने आने वाले वन्यजीवों की उपस्थिति के आधार पर उनकी संख्या का आंकलन किया जाएगा। पिछली बार 12 जून को वन्य जीव गणना की गई थी। इस महत्वपूर्ण कार्य के लिए लगभग 84 वन कार्मिकों को तैनात किया गया है। इसमें प्रत्येक रेंज में क्षेत्रीय वन अधिकारी की टीम के साथ जिला कार्यालय की टीम भी निरीक्षण करती रहेगी। वॉटर हाल पर वनकर्मी अलग-अलग क्षेत्रों में निगरानी रखते हुए सटीक आंकड़े जुटाएंगे। इसके अतिरिक्त आधुनिक तकनीक का उपयोग करते हुए पहली बार 6 ट्रेप कैमरे भी लगाए गए हैं, जो रात-दिन दोनों समय वन्यजीवों की गतिविधियों को रिकॉर्ड करेंगे। वन अधिकारियों का मानना है कि इस गणना से क्षेत्र में वन्यजीवों की वास्तविक स्थिति पता चलेगी। यह जानकारी उनके संरक्षण और प्रबंधन की योजनाओं को अधिक प्रभावी बनाने में सहायक होगी। गणना की तैयारी को लेकर तीन दिन पहले वन कर्मियों की बैठक हुई थी, जिसमें विस्तार से चर्चा की गई थी। वन अधिकारी के मुताबिक वन्य जीव गणना विशेषकर बुद्ध पूर्णिमा पर इसलिए की जाती है क्योंकि इस दिन की प्राकृतिक चांदनी में रात के समय बिना किसी कृत्रिम लाइट के वन्यजीवों को आसानी से देखा और गिना जा सकता है। भीषण गर्मी में जानवर पानी के लिए वाटर पॉइंट्स पर आते हैं। ऐसे में 24 घंटे चलने वाली इस गणना से उनकी सटीक संख्या का पता चलता है। गर्मी के दिनों (मई-जून) में जंगल के छोटे-बड़े जलाशय सूख जाते हैं। ऐसे में वन्यजीव पानी पीने के लिए गिने-चुने वाटर पॉइंट्स पर ही आते हैं।
शहर के सोनिया चौक में दिनदहाड़े सूने मकान में वारदात
भास्कर संवाददाता | डूंगरपुर शहर के सोनिया चौक स्थित एक मकान में बदमाशों ने दिन-दहाड़े सोने-चांदी के जेवर और नकदी चुरा ली। वारदात गुरुवार दोपहर के समय उस समय हुई जब मकान मालिक घर से कुछ ही दूरी पर स्थित उसकी दुकान पर गया हुआ था तब हुई। गुरुवार देर शाम को जब मकान मालिक ने घर पहुंचकर देखा तो कमरे और अलमारी का सारा सामन बिखरा हुआ मिला तो उसके होश उड़ गए। पीड़ित ने इसकी सूचना कोतवाली पुलिस को दी। पुलिस ने मौका मुआवना कर आसपास के सीसीटीवी फुटेज के आधार पर चोरों की तलाश शुरू की। पीड़ित जयराज पुत्र कन्हैयालाल श्रीमाल ने बताया कि घर के पास ही उसकी किराणा दुकान है। पत्नी दो माह से बेटी की डिलीवरी के कारण उसके पास गई हुई है, जिससे वह घर पर अकेला है। उसने बताया कि किराणा का अधिकांश सामान घर पर ही रखता है। इसी कारण मुख्य दरवाजे पर सिर्फ कुंडी लगा रखी थी। अंदर के दरवाजे पर ताला लगा हुआ था। जयराज ने बताया कि गुरुवार दोपहर के समय वह घर गया तो खिड़की खुली मिली। बाहर पड़े पैंट में रखी नकदी गायब थी। लेकिन, अंदर के दरवाजे पर ताला लगा होने से उसने उस समय ध्यान नहीं दिया। शाम को दुकान बंद करके घर पहुंचा। भीतर का दरवाजा खोला तो सामान बिखरा मिला और अलमारी में रखे करीब 2.70 लाख रुपए गायब थे। पैंट में रखे 28 हजार से ज्यादा रुपए भी नहीं मिले। करीब साढ़े तीन किलो चांदी के आभूषण और 15 से 17 तोला सोने के आभूषण भी चोरी हो गए। पीड़ित ने कहा- जीवनभर की कमाई ले गए चोर पीड़ित जयराज श्रीमाल ने बताया कि उसके तीन बच्चे हैं। बड़ा बेटा मंजय अपनी शादी के बाद परिवार सहित अहमदाबाद में रहता है, जबकि छोटा बेटा जिगर भी वहीं रहकर काम करता है। बेटी रूशाली की शादी एक वर्ष पूर्व की थी और वर्तमान में उसकी डिलीवरी के चलते पत्नी उसके पास मेहसाणा में है। जयराज ने बताया कि छोटे बेटे जिगर की शादी की बातचीत चल रही थी। इसी को लेकर उन्होंने घर में नकदी और सोने-चांदी के आभूषण संभालकर रखे थे। लेकिन चोरी की इस वारदात ने उनके अरमानों पर पानी फेर दिया। उन्होंने भावुक होकर कहा कि चोर न केवल उनकी जीवनभर की कमाई ले गए, बल्कि बेटे की शादी से जुड़ी उम्मीदें भी तोड़ गए।
पीपल पूर्णिमा पर जिले में 500 से ज्यादा विवाह
टोंक| पीपल पूर्णिमा पर शुक्रवार को जिलेभर में शादियों की जबरदस्त धूम रही और 500 से ज्यादा शादियां होने से उत्सव जैसा माहौल रहा। खटीक, ब्राह्मण और बैरवा समाज तो उनियारा में राजपूत, सतवाड़ा में मीणा व निवाई में हरियाणा गौड़ ब्राह्मण समाज के सम्मेलन आयोजित हुए, जिनमें कुल 149 जोड़ों का विवाह संपन्न करवाया गया। विशेष रूप से खटीक समाज के सम्मेलन में विवाहोपरांत पंडित . पवन सागर ने न‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ का आठवां वचन दिलाने के साथ कन्या भ्रूण हत्या और बाल विवाह रोकथाम की शपथ भी दिलाई।
शाम 5 बजे से वन्यजीव गणना शुरू 10 ट्रैप कैमरे से भी रखी जा रही नजर
भास्कर न्यूज | टोंक वैशाख (बुद्ध) पूर्णिमा की चांदनी रात में जिले के वन क्षेत्रों में वन्यजीवों की विशेष गणना का कार्य शुक्रवार शाम 5 बजे से शुरू हो गया। वन विभाग की टीमें जिलेभर में चिन्हित 41 वाटर होल प्वाइंट्स पर तैनात हैं। वे 24 घंटे तक लगातार वन्यजीवों की गतिविधियों पर नजर रख रही हैं। कार्यवाहक उपवन संरक्षक (एसीएफ) अनुराग महर्षि ने बताया कि टोंक, निवाई, मालपुरा, उनियारा, देवली और बीसलपुर कंजरवेशन रिजर्व सहित छह रेंज में फैले करीब 33 हजार हेक्टेयर वन क्षेत्र में यह गणना की जा रही है। वन विभाग ने इस बार 10 से अधिक ट्रैप कैमरे भी लगाए हैं। इन्हें जलाशयों, पगडंडियों और संवेदनशील क्षेत्रों में स्थापित किया गया है। इससे उन वन्यजीवों की भी सटीक पहचान हो सकेगी, जो सीधे नजर नहीं आते। विशेषज्ञों के अनुसार पूर्णिमा की उजली चांदनी में वन्यजीव जल स्रोतों पर अधिक सक्रिय रहते हैं। इससे बिना कृत्रिम रोशनी के उनका स्वाभाविक व्यवहार देखा जा सकता है। इससे आंकड़ों की सटीकता बढ़ती है। पिछले एक साल में टोंक के सरवराबाद, आंतरिया बालाजी, देवली-भांची सहित जिले के कई क्षेत्रों में पैंथर और उसके शावकों की मौजूदगी के बाद इस बार की वन्यजीव गणना को अहम माना जा रहा है। गणना के बाद उनकी वास्तविक संख्या भी स्पष्ट हो सकेगी। वाटर हॉल पर आज शाम 5 बजे तक होगी गणना वन विभाग की ओर से तय प्वाइंट्स (वॉटर होल) पर शुक्रवार शाम 5 बजे से शुरू हुई वन्यजीव गणना शनिवार शाम 5 बजे तक होगी। 24 घंटे वनकर्मी जल स्रोतों के पास तैनात रहकर वन्यजीवों की गणना कर रहे हैं। विभाग के अनुसार वनकर्मियों के अलावा वन्यजीव प्रेमियों को भी वॉलेंटियर के रूप में शामिल किया गया है। इससे जनभागीदारी बढ़ेगी। इससे गणना अधिक प्रभावी हो सकेगी।
नीट कल, टोंक में 10 केंद्र बनाए, 3240 परीक्षार्थी बैठेंगे
भास्कर संवाददाता|टोंक राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी की ओर से आयोजित होने वाली नीट परीक्षा 3 मई को होगी। परीक्षा समन्वयक एवं एडीएम रामरतन सौकरिया ने बताया कि परीक्षा को निष्पक्ष, सुरक्षित और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन की ओर से कड़े इंतजाम किए हैं। एडीएम ने बताया कि परीक्षा को लेकर जिला मुख्यालय पर 10 परीक्षा केंद्र बनाए है। जिनमें 3240 परीक्षार्थी शामिल होंगे। दोपहर 2 से 5 बजे तक होने वाली परीक्षा को लेकर बनाए गए परीक्षा केंद्रों के 300 मीटर के दायरे में पांच या उससे अधिक व्यक्तियों के एकत्रित होने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। हालांकि परीक्षार्थियों एवं ड्यूटी पर तैनात कार्मिकों को इससे छूट दी गई है। परीक्षा केंद्रों के आसपास मोबाइल फोन, ब्लूटूथ, कैलकुलेटर, स्मार्ट वॉच जैसे इलेक्ट्रॉनिक संचार उपकरणों के उपयोग पर रोक रहेगी। साथ ही लाउडस्पीकर बजाने, शोर-शराबा करने जैसी गतिविधियों पर भी सख्त पाबंदी लागू की गई है, ताकि परीक्षा का माहौल शांतिपूर्ण बना रहे। परीक्षा की गोपनीयता और शुचिता बनाए रखने के लिए 300 मीटर के दायरे में स्थित सभी फोटोकॉपी मशीनें, साइबर कैफे और ई-मित्र केंद्र परीक्षा अवधि के दौरान बंद रहेंगे। इसके अतिरिक्त किसी भी व्यक्ति को क्षेत्र में घातक हथियार, लाठी या विस्फोटक सामग्री लेकर चलने की अनुमति नहीं होगी और अनधिकृत वाहनों के खड़े होने पर भी प्रतिबंध रहेगा। प्रशासन ने अभ्यर्थियों से नियमों का पालन करने और समय से परीक्षा केंद्र पहुंचने की अपील की है। उल्लेखनीय है कि जिले में होने वाली नीट परीक्षा में अधिकतर अभ्यर्थी जयपुर से आएंगे। जबकि टोंक जिले के अभ्यर्थियों को जयपुर व अन्य जिले आवंटित किए गए है।
स्नातक प्रथम वर्ष के लिए ऑनलाइन प्रवेश शुरू
टोंक| गर्वमेंट गर्ल्स कॉलेज टोंक, देवली, अलीगढ़, पीपलू, दतवास, निवाई में शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए स्नातक प्रथम वर्ष (बी.ए., बी.एससी., बी.कॉम) में प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई है। यह प्रक्रिया आयुक्तालय कॉलेज शिक्षा, राजस्थान जयपुर के नवीन ऑनलाइन प्रवेश कार्यक्रम के अनुसार संचालित की जा रही है। प्रवेश इच्छुक छात्राएं 1 मई 2026 से 15 मई 2026 तक कॉलेज शिक्षा विभाग की वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकती हैं।
डारडा हिंद में 108 कुंडीय श्री सीताराम महायज्ञ का समापन
भास्कर संवाददाता|टोंक डारडा हिंद में आयोजित 108 कुंडीय श्री सीताराम महायज्ञ का भव्य समापन अत्यंत श्रद्धा, आस्था और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। नौ दिन चले इस धार्मिक अनुष्ठान ने पूरे क्षेत्र को भक्तिमय माहौल में सराबोर कर दिया। समापन मौके पर श्रद्धालु, संत-महात्मा और ब्राह्मण इस पावन अवसर के साक्षी बनने पहुंचे। महायज्ञ के अंतिम दिन वैदिक मंत्रोच्चार और विधि-विधान के साथ 108 कुंडों में पूर्णाहुति दी। यज्ञकर्ता धन्ना पीठाधीश्वर स्वामी बजरंगाचार्य महाराज की मौजूदगी में यज्ञाचार्य महामंडलेश्वर अयोध्याधाम गणेशदास महाराज की ओर से श्रीराम मंत्रोच्चारण के बीच प्रतिदिन 7 लाख आहुतियां दिलाई गई। यानि की नौ दिनों में 63 लाख आहुतियां दी। यज्ञाचार्यों द्वारा मंत्रों की गूंज और हवन की दिव्य अग्नि ने पूरे वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया। इसके पश्चात ब्राह्मणों और संतों का विधिवत सम्मान कर उन्हें दक्षिणा, वस्त्र एवं उपहार देकर विदाई दी गई। मेहंदवास, भीलवास्या गांवों से आए रामधुनी मंडलों में शामिल मदन चौपड़ा, मोती यादव, किशन सोनी, मुकेश पटेल, रामलाल चौधरी, बुद्धिप्रकाश जाट, बेनी, लक्ष्मण जाट समेत अन्य श्रद्धालुओं ने भजन-कीर्तन प्रस्तुत किए। ढोलक, मंजीरे और झांझ की मधुर ध्वनि के बीच हरे रामा, हरे कृष्णा की गूंज ने पूरे परिसर को भक्तिरस में डुबो दिया।
ढाई घंटे निवाई ब्रांच में रखे रहे नकदी से भरे बॉक्स, दूसरी वैन से भीलवाड़ा किया रवाना
भास्कर संवाददाता| टोंक जयपुर से भीलवाड़ा नकदी लेकर जा रही एचडीएफसी की कैश वैन में गुरुवार को दिन में हाइवे पर आग लगने के बाद नकदी रखे तीन बक्सों को जयपुर से आई दूसरी वैन में रखकर भीलवाड़ा भेजा गया। यह कैश करीब ढाई घंटे तक निवाई की ब्रांच में रखा गया था। बैंक ने चेस्ट ब्रांच से नकदी को दूसरी ब्रांच में शिफ्ट करने का काम वैंडर (ठेके पर) को दे रखा है। बैंक सूत्रों के मुताबिक गुरुवार को करीब दस बजे वैन तीन बॉक्स में रखी नकदी को लेकर भीलवाड़ा के लिए रवाना हुई थी। हाइवे पर निवाई में झिलाय पुलिया (रेलवे ओवर ब्रिज) पर शॉर्ट सर्किट होने से इंजन में आग लग गई थी। धुआं उठता देख तीन गार्ड सहित बैंक कर्मी और चालक वैन से बाहर कूद गए, जिससे वे सुरक्षित बच गए। वैन पूरी तरह आग पकड़ती उससे पहले तीनों बॉक्स भी बाहर निकाल लिए गए थे। मौके पर पहुंचे निवाई एचडीएफसी ब्रांच के अधिकारियों ने यह बॉक्स ब्रांच में रखवा लिए थे। सूत्रों के मुताबिक,तत्काल ही घटनाक्रम की जानकारी जयपुर दे दी गई थी।
भास्कर न्यूज | टोंक पीपल पूर्णिमा पर शुक्रवार को जिलेभर में शादियों की जबरदस्त धूम रही और 500 से ज्यादा शादियां होने से उत्सव जैसा माहौल रहा। जिला मुख्यालय पर खटीक, ब्राह्मण और बैरवा समाज तो उनियारा में राजपूत, सतवाड़ा में मीणा व निवाई में हरियाणा गौड़ ब्राह्मण समाज के सम्मेलन आयोजित हुए, जिनमें कुल 149 जोड़ों का विवाह संपन्न करवाया गया। विशेष रूप से खटीक समाज के सम्मेलन में विवाहोपरांत पंडित डॉ. पवन सागर ने नवदंपतियों को ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ का आठवां वचन दिलाने के साथ कन्या भ्रूण हत्या और बाल विवाह रोकथाम की शपथ भी दिलाकर सामाजिक जागरूकता का संदेश दिया। सकल पंच खटीक समाज के तत्वावधान में द्वितीय निशुल्क सामूहिक विवाह सम्मेलन शिव-हनुमान मंदिर, गांधी पार्क, जयपुर रोड में आयोजित हुआ। कार्यक्रम में हिंदू रीति-रिवाज के अनुसार पंडित डॉ. पवन सागर ने विधि-विधान से 51 जोड़ों का पाणिग्रहण संस्कार संपन्न कराया। इससे पहले किदवई पार्क से वर-वधुओं की निकासी, कलश यात्रा हाथी-घोड़ों के लवाजमे और बैंड-बाजों के साथ निकाली गई, जो शहर के मुख्य बाजारों से होते हुए गांधी पार्क पहुंची। मार्ग में जगह-जगह नागरिकों ने बारात का स्वागत किया, वहीं रोटरी क्लब की ओर से सुभाष चौक पर पुष्प वर्षा कर अभिनंदन किया गया। आशीर्वाद समारोह में ज्योतिषाचार्य पंडित राजकुमार शर्मा, पूर्व विधायक अजीत सिंह मेहता सहित देश-प्रदेश से आए समाज के लोगों ने नवदंपतियों को आशीर्वाद देकर सामूहिक विवाह सम्मेलन समाज में अमीर-गरीब के भेदभाव को समाप्त करने का सशक्त माध्यम है। बढ़ती महंगाई के दौर में ऐसे आयोजन जरुरी आवश्यक होने के साथ ही बाबा साहेब के समानता के विचारों को साकार करते हैं। सम्मेलन समिति अध्यक्ष गुड्डू खटीक सहित कई समाजबंधुओं ने आयोजन में सक्रिय सहयोग दिया। जिला बैरवा समाज सामूहिक विवाह सम्मेलन समिति के तत्वावधान में पक्का बंधा, टोंक पर आयोजित समाज के 26वें आदर्श सामूहिक विवाह सम्मेलन में 15 जोड़ों का विवाह धार्मिक रीति-रिवाज के साथ संपन्न कराया। अखिल भारतीय बैरवा समाज के अध्यक्ष रामदयाल बढ़ोदिया ने कहा कि सामूहिक विवाह जैसे आयोजन अनावश्यक खर्चों को कम करते हैं और समाज में एकता को मजबूत बनाते हैं। पूर्व राज्यसभा सांसद आर.के. वर्मा व भाजपा जिलाध्यक्ष चंद्रवीर सिंह चौहान ने नवदंपतियों को सुखद दांपत्य जीवन की शुभकामनाएं देते हुए समाज के प्रति योगदान देने का आह्वान किया। समिति की ओर से नवदंपतियों को मंगलसूत्र, चांदी के आभूषण, पलंग, ड्रेसिंग टेबल, पंखा व अलमारी सहित घरेलू उपयोग के सामान भेंट किए गए। वैवाहिक रस्में पंडित सुखलाल आर्य व पंडित रामरतन आर्य ने वैदिक विधि से संपन्न कराई गईं। संरक्षक भंवरलाल बैरवा व अध्यक्ष रतन महाराज ने सम्मेलन के समापन की घोषणा की। सनाढ्य ब्राह्मण समाज के तत्वावधान आयोजित सामूहिक विवाह सम्मेलन में 11 जोड़ों का विवाह वैदिक मंत्रोच्चार के साथ संपन्न कराया गया। जिसकी शुभारंभ आरएन मैरिज गार्डन में पूजा-अर्चना और ध्वजारोहण से हुई और गायत्री धाम से निकाली कलश यात्रा विभिन्न मार्गों से होती हुई विवाह स्थल पहुंची। जिलेभर में कौनसे समाज की कहां कितनी शादियां खटीक समाज टोंक (शिव-हनुमान, मंदिर) 51 जोड़े मीणा समाज , सतवाड़ा 43 जोडे़ राजपूत समाज, उनियारा, 18 जोड़े बैरवा समाज टोंक, पक्का बंधा (टेनरीज) 15 जोड़े ब्राह्मण (सनाढ्य) टोंक (सवाईमाधोपुर रोड) 11 जोड़े हरियाणा गौड़ ब्राह्मण निवाई 12 जोड़े
राठौड़: दुर्गम इलाकों में सुविधाएं पहुंचाना चुनौती, सिस्टम मजबूत करने की जरूरत
डूंगरपुर| जिले में विकास की रफ्तार और जमीनी हकीकत के बीच बड़ा अंतर अब भी साफ नजर आता है। रोजगार, स्वास्थ्य और पेयजल जैसी मूलभूत जरूरतें आज भी बड़ी चुनौती बनी हुई हैं। जिला परिषद सीईओ हनुमान सिंह राठौड़ ने दैनिक भास्कर से खास बातचीत में स्वीकार किया कि योजनाओं की कमी नहीं, बल्कि उनके क्रियान्वयन की चुनौती सबसे बड़ी है। जनजातीय क्षेत्रों में भौगोलिक बाधाएं विकास की गति को धीमा करती हैं। हालांकि प्रशासन मॉनिटरिंग, पारदर्शिता और रोजगार के अवसर बढ़ाने पर फोकस कर रहा है, लेकिन जमीनी बदलाव के लिए सिस्टम को और मजबूत करने की जरूरत है। Q. जनजातीय क्षेत्र में विकास धीमा क्यों है, क्या पंचायत स्तर पर सही मॉनिटरिंग हो रही है? A. भौगोलिक परिस्थितियां, संचार की कमी और बिखरी आबादी इसकी बड़ी वजह हैं। दुर्गम इलाकों में सड़क, बिजली और पानी जैसी सुविधाएं पहुंचाने में लागत और समय दोनों ज्यादा लगते हैं। ब्लॉक स्तर पर हर सप्ताह बैठक होती है और पंचायत स्तर पर महीने में दो बार समीक्षा होती है। इसके बावजूद कई जगहों पर निगरानी को लेकर सवाल उठते रहे हैं। Q. रोजगार के लिए पलायन बढ़ रहा हैं, इसे कैसे रोकेंगे? A. कौशल विकास, मनरेगा और आजीविका मिशन के जरिए युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ रहे हैं। कई युवा गुजरात और मध्यप्रदेश की ओर पलायन करते हैं। जिला उद्योग केंद्र के जरिए एमओयू किए गए हैं। इससे रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। इन योजनाओं को धरातल पर लाकर स्थिति में सुधार हो सकता है। Q. आम आदमी अपनी समस्या कैसे पहुंचाए? A. स्टाफ की कमी और कार्यभार के कारण कई बार योजनाओं का असर जमीनी स्तर पर कमजोर दिखता है। सीधे कार्यालय, फोन, ईमेल या राजस्थान संपर्क पोर्टल से संपर्क कर सकते हैं। मौके पर ही समाधान का प्रयास करते हैं, नहीं तो जिला स्तर पर निस्तारण किया जाता है। Q. कई गांवों में आज भी सुविधाएं नहीं हैं, क्या यह विफलता है? A. भौगोलिक परिस्थितियां बड़ी वजह हैं, लेकिन विकसित ग्राम अभियान से सुधार होगा। जिले के कई गांव अब भी सड़क, पानी और स्वास्थ्य जैसी सुविधाओं के लिए संघर्ष कर रहे हैं। शिकायतों की जांच कर पात्र लोगों तक लाभ पहुंचाया जाता है और दोषियों पर कार्रवाई होती है। लाभार्थी चयन को लेकर विवाद और शिकायतें लगातार सामने आती रही हैं। Q. ग्राम पंचायतों में भ्रष्टाचार या लापरवाही पर हाल में कोई कार्रवाई? A. हर ग्राम पंचायत में प्रभारी अधिकारी नियुक्त किए हैं और नियमित समीक्षा हो रही है। पंचायतों में पारदर्शिता को लेकर अक्सर शिकायतें सामने आती रही हैं, जिन्हें सुधारने की कोशिश जारी है। मनरेगा में अनियमितता पर जांच कर दोषियों पर कार्रवाई और वसूली की प्रक्रिया शुरू की गई है। यह संकेत है कि प्रशासन अब गड़बडिय़ों को लेकर सख्त रुख अपना रहा है। Q. डूंगरपुर जिले की सबसे बड़ी 3 समस्याएं क्या हैं? A. रोजगार, स्वास्थ्य और पेयजल यह तीनों हमारी टॉप प्राथमिकताएं हैं। जिले में रोजगार के सीमित अवसर और पानी की समस्या लंबे समय से बनी हुई है। इससे ग्रामीण इलाकों में हालात ज्यादा चुनौतीपूर्ण हैं। गर्मी के मौसम में कई गांवों में पेयजल संकट की समस्या प्रमुख रूप से सामने आई है। इससे प्रशासन पर दबाव बढ़ जाता है। योजनाएं बहुत हैं, लेकिन सिस्टम का सही तरीके से काम करना, मॉनिटरिंग और संवाद बेहद जरूरी है। कई बार योजनाएं कागजों में ही सीमित रह जाती हैं, जिनका पूरा लाभ ग्रामीणों तक नहीं पहुंच पाता।
हत्या का आरोपी त्रिलोक व सहयोगी गुरजीत देर रात गिरफ्तार, मृतका की पुत्रवधू फोन पर दे रही थी निर्देश
सागरवाला हत्याकांड भास्कर संवाददाता| श्रीगंगानगर सागरवाला गांव निवासी 80 वर्षीय मानकी बाई की हत्या के दो आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं। चूनावढ़ एसएचओ, आईपीएस ज्ञानेंद्र भारती ने इसी गांव के झोलाछाप त्रिलोक चंद अरोड़ा उर्फ टोची तथा उसके सहयोगी गुरजीत सिंह को गिरफ्तार किया है। आरोपियों को शनिवार सुबह अदालत में पेश किया जाएगा। फिर रिमांड पर लिया जाएगा। इस दौरान आरोपियों से वारदात में इस्तेमाल किए गए हथियारों की बरामदगी की जाएगी। वारदात के बाद मुख्य आरोपी त्रिलोक चंद उर्फ टोची बीकानेर भाग गया था। चूनावढ़ थाने की तलाश कर रही टीम ने उसे वहां से राउंडअप किया। फिर थाने लेकर आई। आरोपी त्रिलोक चंद के साथ इस वारदात में शामिल सागरवाला गांव निवासी गुरजीत सिंह मजहबी सिख को भी गिरफ्तार कर लिया गया है। मृतका के पोते अमन बिश्नोई की ओर से चूनावढ़ थाने में 29 अप्रैल को नामजद मुकदमा दर्ज करवाया गया था। आरोपी कलावती फोन पर दे रही थी त्रिलोक को जानकारी, हत्या में शामिल : पुलिस सूत्रों के अनुसार मृतका की पुत्रवधू कलावती देवी की भूमिका इस हत्याकांड में सक्रिय रूप से सामने आई है। चूनावढ़ थाने से एएसआई महेंद्र सिंह, एएसआई अब्दुल जब्बार, एएसआई कंवरपाल सिंह की टीम द्वारा जुटाए गए तकनीकी साक्ष्यों से स्पष्ट हुआ है कि आरोपी कलावती, आरोपी त्रिलोक चंद को बुजुर्ग मानकी बाई के बारे में फोन पर सूचना दे रही थी। उसी ने त्रिलोक चंद को बताया कि अब टारगेट घर से निकल चुका है। इसी सूचना पर बाहर इधर-उधर घूम रहे आरोपी त्रिलोक चंद और उसके सहयोगी गुरजीत सिंह मजहबी सिख ने मानकी बाई का रास्ता रोका। फिर हमला किया। तीन से चार मिनट बाद फरार हो गए। घटना की तीसरी आरोपी कलावती को पुलिस ने निगरानी में ले रखा है। उसे भी जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा। 28 की रात को हुई थी हत्या, पीड़िता घर से निकली तो रास्ते में हमला : यह घटना 28 अप्रैल की रात 8 से 9 बजे के बीच की है। बुजुर्ग मानकी बाई घर से मंदिर जाने के लिए निकली थी। इसी दौरान सोसायटी गोदाम के पास सुनसान जगह पर पहले से घात लगाकर बैठे आरोपियों ने उस पर हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल मानकी बाई को पहले चूनावढ़ सरकारी अस्पताल ले जाया गया। वहां से रेफर होने के बाद जिला अस्पताल की इमरजेंसी में रात 10:15 बजे ले जाया गया। वहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मृतका के सिर में तेज धारदार हथियार से वार किया गया था। उसके हाथ और पैर रॉड अथवा डंडे से वार कर तोड़ दिए गए थे। इसके अलावा भी बदन पर चोटों के निशान देखे गए। मृत्यु का कारण सिर में लगी करीब चार सेंटीमीटर लंबी और दो से तीन सेंटीमीटर गहरी चोट से खून बहना माना जा रहा है।
अस्पतालों के इंकार से कर्मियों पर 200 करोड़ रुपए का बोझ
श्रीगंगानगर| राजस्थान गवर्नमेंट हेल्थ स्कीम में निजी अस्पतालों द्वारा इलाज से इनकार करने के विरोध में अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ ने गुरुवार को मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास को ज्ञापन सौंपा। प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व प्रदेश अध्यक्ष महावीर शर्मा ने किया। महासंघ का आरोप है कि निजी चिकित्सा संस्थानों द्वारा योजना के तहत इलाज बंद करने से प्रदेश के लाखों कर्मचारी और पेंशनर प्रभावित हुए हैं। अब तक उन्हें इलाज के लिए करीब 200 करोड़ रुपए अपनी जेब से खर्च करने पड़े हैं। महासंघ ने इसे कर्मचारियों का आर्थिक शोषण बताया है। गंभीर बीमारियों से जूझ रहे कई कर्मचारी और उनके परिजन आर्थिक अभाव में इलाज कराने को मजबूर हैं। शर्मा ने मांग की कि कर्मचारियों द्वारा खर्च की गई राशि का शीघ्र पुनर्भरण किया जाए।
डेढ़ घंटे तक 501 हनुमान चालीसा के पाठों की चौपाइयां गूंजी, महाप्रसाद भक्तों में बांटा
शास्त्री ने बताया कि हनुमान चालीसा का पाठ करने से व्यक्ति के भीतर का भय दूर होता है। नकारात्मक विचार समाप्त होते हैं। इससे आत्मविश्वास में वृद्धि होती है। व्यक्ति सकारात्मक सोच के साथ जीवन में आगे बढ़ता है। उन्होंने कहा कि चालीसा में हनुमान जी के पराक्रम और आत्मबल का वर्णन है। यह भक्तों को प्रेरणा देता है। अखंड राम नाम जाप 3-3 ब्राह्मणों की टीम कर रही : अखंड राम नाम जाप तीन-तीन ब्राह्मणों की टीम द्वारा निरंतर किया जा रहा है। ब्राह्मणों के अनुसार चालीसा की लय और ध्वनि-तरंगें मन को शांत करती हैं। तनाव कम करती हैं। ध्यान केंद्रित करने की क्षमता बढ़ाती हैं। इस जाप की पूर्णाहुति 3 मई को सुबह 11:15 बजे होगी। उसी दिन श्रद्धालुओं को बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, नशा मुक्ति और ईश्वर से जुड़ाव का संकल्प भी दिलाया जाएगा। कार्यक्रम के दौरान मंदिर में फलों और मिष्ठानों की सवामणियों का भोग अर्पित किया गया। श्रद्धालुओं में प्रसाद वितरित किया गया। पंडित शास्त्री ने बताया कि तीन दिवसीय आयोजन के दौरान प्रतिदिन सुबह-शाम अटूट भंडारे का आयोजन किया जा रहा है। उत्सव में 50 से अधिक सेवादारों ने ड्यूटियां संभाली : इस उत्सव को सफल बनाने के लिए करीब 50 से अधिक सेवादारों की ड्यूटी लगाई गई है। भीड़ को देखते हुए शंकर कॉलोनी की गलियों में वाहनों की पार्किंग के लिए सेवादारों द्वारा विशेष प्रबंध किए गए हैं। इस उत्सव में अजय सोबती, संजीव पाहवा, अशोक जांगिड़, नरेन्द्र भठेजा, गायत्री सारड़ा, चेतना अग्रवाल, पुष्पा देवी, मंजू ज्याणी, गरिमा अग्रवाल, कुसुम शर्मा और सुषमा शर्मा सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। भास्कर संवाददाता| श्रीगंगानगर शंकर कॉलोनी शुक्रवार को भक्ति की अद्भुत ऊर्जा से सराबोर हो उठी, जब श्री राधा माधव शिव हनुमान मंदिर के 19वें वार्षिकोत्सव का शुभारंभ 501 संगीतमय हनुमान चालीसा पाठ के साथ हुआ। करीब डेढ़ घंटे तक चले इस सामूहिक पाठ में सैकड़ों श्रद्धालुओं ने एक साथ चौपाइयों का उच्चारण किया। गूंजती ध्वनि और लयबद्ध स्वर से पूरा क्षेत्र राममय हो गया। माहौल ऐसा बना, मानो भक्ति की एक जीवंत धारा बह रही हो। मंदिर के मुख्य पुजारी पंडित शंभुदयाल शास्त्री के सान्निध्य में विधिवत पूजा-अर्चना के बाद सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ संपन्न हुआ। इसके तुरंत बाद संगीतमय अखंड राम नाम संकीर्तन शुरू किया गया। यह लगातार जारी है। पहले दिन श्रद्धालुओं ने पांच प्रकार के फल और दो प्रकार की मिठाइयों की सवामणियों का महाभोग अर्पित किया। प्रसाद वितरित किया गया। मंदिर परिसर को आकर्षक रोशनी से सजाया गया है। श्री राधा गोविंद और श्री राम दरबार का विशेष शृंगार श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बना हुआ है।
सुजावलपुर में निःशुल्क आर्ट-क्राफ्ट कार्यशाला
श्रीगंगानगर| राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, सुजावलपुर में मदर्स डे के उपलक्ष्य में निःशुल्क आर्ट एवं क्राफ्ट कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में कला के प्रति रुचि बढ़ाना और उनकी रचनात्मकता को प्रोत्साहित करना था। कार्यशाला में निखिल झा एवं निलिशा वर्मा ने बच्चों को विभिन्न ड्रॉइंग और आर्ट तकनीकों का प्रशिक्षण दिया। उन्होंने सरल तरीकों से चित्र बनाना सिखाया। इससे विद्यार्थियों में उत्साह और आत्मविश्वास नजर आया। सहयोगी के रूप में सचिन शर्मा का भी विशेष योगदान रहा। इस दौरान विद्यार्थियों से मदर्स डे के लिए आकर्षक ग्रीटिंग कार्ड बनवाए गए। बच्चों ने पूरे उत्साह से भाग लिया। उन्होंने अपनी माताओं के प्रति प्रेम और सम्मान को कला के माध्यम से अभिव्यक्त किया। प्रधानाचार्य उमेश कुमार लोहिया ने इस पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों के समग्र विकास में सहायक होते हैं।
निःशुल्क मेडिकल कैंप 3 को, विशेषज्ञ देंगे सेवाएं
श्रीगंगानगर| श्रीश्याम महिला शक्ति फाउंडेशन द्वारा रविवार, 3 मई को निःशुल्क मेडिकल कैंप का आयोजन किया जाएगा। यह शिविर प्रातः 10 से दोपहर 2 बजे तक मनन विहार कॉलोनी स्थित खाटू श्याम मंदिर के पास आयोजित होगा। शिविर का उद्देश्य आमजन, विशेषकर महिलाओं तथा बच्चों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है। संस्था की अध्यक्ष कविता गजरा व सचिव वैशाली पाठक ने बताया कि शिविर में सभी सेवाएं पूरी तरह निःशुल्क रहेंगी। इसमें एक्यूप्रेशर विशेषज्ञ डॉ. अर्चना रावत स्वास्थ्य संबंधी परामर्श देंगी। वहीं, स्पीच थेरेपिस्ट डॉ. लक्ष्मी बदरा बच्चों में तुतलाहट, हकलाहट जैसी समस्याओं का समाधान करेंगी।
सरकारी खरीद में पुराना बारदाना बन रहा परेशानी का सबब
श्रीगंगानगर| मजदूर दिवस पर शुक्रवार को जिलेभर के मजदूर अवकाश पर रहे। इस कारण धान मंडियों में भी कृषि जिंसों का कारोबार ठप रहा। मंडियों में चल रही न्यूनतम समर्थन मूल्य पर गेहूं, चना व सरसों की खरीद भी ठप रही। मजदूरों के छुट्टी पर होने के कारण मंडियों में दिनभर वीरानी छाई रही। मंडियों में न्यूनतम समर्थन मूल्य पर गेहूं की खरीद व उठाव का काम ठप रहा। गोदामों में भंडारण का काम भी नहीं हुआ। मजदूरों के अवकाश पर होने के कारण किसान भी मंडियों में कृषि जिंसें बेचने के लिए नहीं लाए। श्रीगंगानगर नई धानमंडी में एमएसपी पर गेहूं खरीद की पिड़ों व कवर शेडों के नीचे धांग लगी हुई है। एफसीआई के अधिकारियों ने बताया कि शनिवार को खरीद व खरीदी गई गेहूं का उठाव कर गोदामों में भंडारण का काम तेजी से करवाया जाएगा। ताकि मंडी में जाम की स्थिति नहीं बने। इस बार न्यूनतम समर्थन मूल्य पर की जा रही गेहूं की सरकारी खरीद में पुराने बारदाने का उपयोग किया जा रहा है। मंडियों में खरीद केंद्रों पर खरीदी गई गेहूं भरने के लिए एफसीआई की ओर से जूट का पुराना बारदाना उपलब्ध करवाया जा रहा है। जो कि किसानों एवं व्यापारियों के लिए परेशानी का सबब बन रहा है। श्रीगंगानगर मंडी के एक व्यापारी ने नाम नहीं छापने की शर्त पर बताया कि एमएसपी पर गेहूं खरीद की समय सीमा समाप्त होने में सिर्फ 30 दिन ही बचे हैं। ऐसे में किसानों की गेहूं अधिक से अधिक तुले। इसे ध्यान में रखते हुए पुराना बारदाना खरीद एजेंसी से लेने को मजबूर हैं। एफसीआई की ओर से कटा-फटा बारदाना उपलब्ध करवाया जा रहा है। इसे सिलाई कर इसमें गेहूं भरी जा रही है। वहीं, मजदूरों के लिए परेशानी यह है कि पुराने बारदाने के थैले ट्रकों में लादने व उतारते समय फट रहे हैं। मजदूरों ने बताया कि धांग लगाते समय धांग में कोई थैला फटा और धांग गिरी तो हादसा भी हो सकता है। मजबूरन सावधानी से गेहूं के थैलों का उठाव व गोदामों में धांग लगाने का कार्य किया जा रहा है।
सिंगापुर का कहकर मलेशिया भेजा, 8 लाख की ठगी, मुकदमा
श्रीगंगानगर। सिंगापुर में नौकरी दिलाने का झांसा देकर दो युवकों से करीब 8 लाख रुपए ठगने का मामला सामने आया है। परिवादियों के इस्तगासे पर कोतवाली पुलिस ने दो आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच एएसआई महावीर को सौंपी है। पुलिस के अनुसार बापूनगर, इंद्रा चौक निवासी मोहम्मद इमरान पुत्र महबूब अली और दुर्गा विहार गली नंबर 1 निवासी तरुण पुत्र हनुमान सोनी ने मुंबई निवासी असलम मोहम्मद मोमीन और पुरानी आबादी वार्ड नंबर 4 निवासी बशीर खान के खिलाफ मामला दर्ज कराया है। इमरान ने बताया कि वर्ष 2025 में उसकी मुलाकात असलम से हुई, जिसने खुद को ए-टू-जेड वीजा सर्विस प्राइवेट लिमिटेड का मालिक बताया। उसने लोगों को विदेश भेजने का भरोसा दिलाया और बशीर खान से भी मिलवाया। आरोप है कि दोनों ने सिंगापुर में नौकरी, रहने और खाने की व्यवस्था कराने का आश्वासन देकर 8 लाख रुपए ले लिए। इसके बाद मोबाइल पर टिकट और वीजा भेजकर दिल्ली बुलाया। दिल्ली में जामा मस्जिद के पास ठहरने के दौरान आरोपियों ने वीजा में तकनीकी दिक्कत बताकर देरी की बात कही। इस्तगासे के अनुसार 8 जुलाई 2025 को दिया गया वीजा जांच में फर्जी निकला। किसी तरह दोनों सिंगापुर पहुंचे, लेकिन वर्क वीजा की बजाय टूरिस्ट वीजा मिला जिसकी अवधि भी समाप्त हो गई। आरोपियों ने मलेशिया जाने की सलाह दी, लेकिन वहां भी वर्क वीजा नहीं मिला। इस पर वह भारत लौट आया।
भास्कर संवाददाता|श्रीगंगानगर बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर होने वाली वार्षिक वन्यजीव गणना इस बार एक नए प्रयोग और उत्साह के साथ शुक्रवार शाम को शुरू हुई। अमूमन वन्यजीवों की गणना सुबह 8 बजे से अगले दिन सुबह 8 बजे तक होती थी। इस बार राजस्थान में नया प्रयोग किया जा रहा है। पहली बार गणना शाम 5 बजे से शुरू होकर अगले दिन शाम 5 बजे तक चलेगी। इसके पीछे विभाग का तर्क है कि वन्यजीव शाम और तड़के सबसे अधिक सक्रिय होते हैं। इस समय-चक्र से उनके विचरण को अधिक सटीकता से रिकॉर्ड किया जा सकेगा। जिले की 8 रेंज में कुल 58 वाटर होल (पानी के कुंड) तैयार किए गए हैं। बुद्ध पूर्णिमा की चांदनी रात में जब वन्यजीव पानी पीने इन वाटर होल्स पर आएंगे, तब उनकी गिनती की जाएगी। विभाग ने इस बार 110 कर्मचारियों की ग्राउंड लेवल पर ड्यूटी लगाई है। वन्यजीवों की गणना की रिपोर्ट 4 मई को आएगी। ^उम्मीद है कि इस बार श्रीगंगानगर के जंगलों से खुशखबरी भरे आंकड़े सामने आएंगे। वन्यजीवों की गणना की रिपोर्ट जिलेभर से सोमवार को प्राप्त होगी। - राकेश दुलार, डीएफओ, वन विभाग, श्रीगंगानगर इन्फ्रारेड सेंसर कैमरा ये सबसे आम कैमरे हैं। इनका उपयोग गणना में किया जाता है। इनकी खासियत यह है कि ये मोशन सेंसर से लैस होते हैं। कैसे काम करते हैं: जैसे ही कोई वन्यजीव कैमरे के सामने से गुजरता है, उसकी शारीरिक गर्मी और हलचल को सेंसर तुरंत भांप लेता है। कैमरा फोटो या वीडियो क्लिक कर देता है। रात में उपयोग: इनमें नो-ग्लो इन्फ्रारेड तकनीक होती है। इससे रात के अंधेरे में फोटो खींचते समय फ्लैश नहीं चमकता। वन्यजीव डरते नहीं हैं। टाइम-लैप्स और बर्स्ट मोड टाइम-लैप्स: यह फीचर कैमरों को एक निश्चित समय-अंतराल पर अपने आप फोटो खींचने की अनुमति देता है। हलचल न होने पर भी फोटो ली जा सकती है। बर्स्ट मोड: जब कोई जानवर सामने आता है, तो कैमरा एक साथ 3-5 तस्वीरें खींचता है। इससे उसकी पहचान (नर, मादा या शावक) सुनिश्चित हो सकेगी।
पदोन्नत व्याख्याताओं की अस्थायी सूची जारी, 12 को जारी होंगे पदस्थापन आदेश
भास्कर संवाददाता| श्रीगंगानगर स्कूल व्याख्याताओं की काउंसलिंग प्रक्रिया में राज्य के सभी जिलों में रिक्त पदों सहित उप प्राचार्य के 11 हजार 838 पदों को भी रिक्त मानकर शामिल करने की मांग की गई है। माध्यमिक शिक्षा विभाग में 13 अप्रैल को पदोन्नत हुए राज्य के 11 हजार 776 से अधिक व्याख्याताओं, शारीरिक शिक्षकों, और पुस्तकालयाध्यक्षों के पदस्थापन की उलटी गिनती शुरू हो गई है। शिक्षा निदेशक सीताराम जाट ने मंगलवार को इन चयनित कार्मिकों की ऑनलाइन काउंसलिंग और पदस्थापन का विस्तृत कार्यक्रम जारी कर दिया है। यह पूरी प्रक्रिया जल्द पूरी की जाएगी। शाला दर्पण पोस्टिंग मैनेजमेंट सिस्टम के माध्यम से होने वाली इस ऑनलाइन काउंसलिंग के बाद 12 मई को अंतिम पदस्थापन आदेश जारी कर दिए जाएंगे। इस प्रक्रिया में विभिन्न चयन वर्षों के करीब 11,776 प्राध्यापक, 105 विशेष शिक्षा प्राध्यापक, और पुस्तकालयाध्यक्ष सहित अन्य कार्मिक शामिल हैं। अगर इन पदों को काउंसलिंग प्रक्रिया में शामिल नहीं किया गया तो मजबूरन शिक्षकों को गृह और वर्तमान स्थान छोड़ना पड़ेगा। इस संबंध में शिक्षक संघ एलीमेंट्री सेकेंडरी टीचर एसोसिएशन (रेसटा) राजस्थान के प्रदेशाध्यक्ष मोहर सिंह सलावद ने शिक्षा मंत्री और निदेशक, माध्यमिक शिक्षा को मांग पत्र प्रेषित किया है। विभाग की ओर से जारी टाइमलाइन के अनुसार अस्थायी सूची जारी कर दी गई है। शुक्रवार को रात 12 बजे तक प्रकाशित अस्थायी वरीयता सूची पर आपत्तियां दर्ज कराने की अंतिम तिथि रही।
चक 7 ई छोटी के हजारों लोग मूलभूत सुविधाओं को तरस रहे
श्रीगंगानगर| पेयजल संकट से पुरानी आबादी क्षेत्र ही नहीं, शहरी क्षेत्र से लगती कॉलोनियों में रह रहे हजारों लोग भी परेशानी झेल रहे हैं। चक 7 ई छोटी ग्रीन सिटी, मुरब्बा नंबर 22 में भी लोग पीने के पानी, सड़क, सीवरेज, रोड लाइटें, पार्क जैसी मूलभूत सुविधाओं को तरस रहे हैं। इलाके के लोगों का कहना है कि कॉलोनी 2002 में काटी गई। यह करीब 15 साल से नियमन पट्टाशुदा है। मूलभूत सुविधाओं को लेकर यूआईटी अध्यक्ष, कलेक्टर, सचिव को कई बार ज्ञापन दिए। अप्रैल 2024 से अप्रैल 2026 के बीच कलेक्ट्रेट में हुई जनसुनवाई में 5 बार पहुंचे। हर बार जल्द राहत का आश्वासन मिला। लोगों का कहना है, यूआईटी सचिव को ज्ञापन देने के बाद कॉलोनी के मालिक ने अधूरे सीवरेज का काम शुरू करवाया। गुणवत्तापूर्ण काम की मांग उठी तब काम बंद कर दिया गया। यूआईटी ने कॉलोनी में पानी के लिए बजट बनाने को लेकर 9 जुलाई 2025 को पीएचईडी को पत्र लिखा। इस पर अब तक पीएचईडी ने आगे कोई काम नहीं किया।
इंटीग्रेटेड बीएड चतुर्थ वर्ष कला-विज्ञान संकाय की लिखित परीक्षाएं 6 मई से
भास्कर संवाददाता| बांसवाड़ा जीजीटीयू में बीएड और इंटीग्रेटेड बीएड कॉलेजों के प्राचार्यों की बैठक हुई। कुलगुरु केशव सिंह ठाकुर ने कहा कि परीक्षाओं का निष्पक्ष, पारदर्शी और विश्वसनीय आयोजन विश्वविद्यालय की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने निरीक्षण में मिलने वाली कमियों को तुरंत दूर करने पर भी जोर दिया। कुलगुरु ने कहा कि जिन कॉलेजों में फैकल्टी अनुमोदन लंबित है, वे इसे शीघ्र पूरा करें। अनुमोदित फैकल्टी का विवरण विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर अपलोड किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इससे आगे चलकर 12-बी और नैक ग्रेडिंग से जुड़े लाभ में मदद मिल सकती है। सेमेस्टर पद्धति के तहत समयबद्ध कार्य निष्पादन पर भी निर्देश दिए गए। परीक्षा फॉर्म सहित सभी प्रक्रियाएं अंतिम तिथि का इंतजार किए बिना समय पर पूरी करने को कहा गया। परीक्षा नियंत्रक प्रमोद कुमार वैष्णव ने बताया कि इंटीग्रेटेड बीएड चतुर्थ वर्ष (कला और विज्ञान संकाय) की लिखित परीक्षाएं 6 से 14 मई तक होंगी। शेष बीएड पाठ्यक्रम की परीक्षाएं 15 मई से 10 जून तक होंगी। इंटीग्रेटेड बीएड चतुर्थ वर्ष का फाइनल लेसन और वायवा, तृतीय वर्ष के ड्यू पेपर का वायवा व प्रैक्टिकल, और बीएड द्विवर्षीय पाठ्यक्रम के प्रथम वर्ष के ड्यू प्रैक्टिकल व वायवा 4 और 5 मई को होंगे। बीएड द्वितीय वर्ष के वायवा 12 मई को कराए जाएंगे। बैठक में सहायक कुलसचिव (परीक्षा) लोकेन्द्र कुमार और उप कुलसचिव राजेश जोशी भी मौजूद रहे। बांसवाड़ा, डूंगरपुर और प्रतापगढ़ के 47 महाविद्यालयों के प्राचार्यों ने परीक्षा व्यवस्थाओं पर चर्चा की।
समर कैंप : एक महीने तक सीखेंगे नए हुनर
भैरूंदा| शासकीय विद्यालयों में चल रहे समर कैंप के तहत सांदीपनि विद्यालय भैरूंदा में शुक्रवार को समर कैंप की शुरुआत हुई। प्राचार्य शैलेन्द्र लोया ने कहा कैंप 1 मई से 1 जून तक सुबह 7 से 9 बजे रहेगा। कैंप प्रभारी रोहित यादव ने बताया बच्चों की रुचि के अनुसार खेल, योग, संगीत, नृत्य, पेंटिंग, क्राफ्ट, सांस्कृतिक गतिविधियां कराई जाएंगी। डिजिटल स्टोरीटेलिंग भी होगी। बच्चों को स्थानीय कला और परंपराओं से जोड़ा जाएगा। पंजीयन शुल्क 25 रुपए रखा है। पालकों की सहमति जरूरी होगी। मीडिया प्रभारी सतीश दुबे ने कहा ऐसे आयोजन बच्चों को प्रतिभा दिखाने का मंच देते हैं। संचार कौशल बेहतर होता है। कैंप के दौरान गतिविधियों की नियमित मॉनिटरिंग होगी। समापन पर विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों की प्रदर्शनी लगेगी। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले बच्चों को सम्मानित किया जाएगा।
सनातन धर्म, गो रक्षा के लिए मोहितराम जैसे कथावाचक जरूरी : कटारे बाबा
ग्राम बड़ी कुलास के वर्मा कृषि फार्म में शिव परिवार प्राण प्रतिष्ठा समारोह चल रहा है। यहां शिव महापुराण कथा भी हो रही है। कार्यक्रम में कटारे बाबाजी ने कहा कि सनातन धर्म, वैदिक धर्म, संस्कृति, संस्कार, वेद, पुराण, शास्त्र, गुरु परंपरा, गौ माता, भारत माता की रक्षा के लिए मोहितराम पाठक जैसे कथावाचकों की जरूरत है। उन्होंने कहा कि जो कथावाचक धर्म रक्षा, राष्ट्र रक्षा, गौ माता की सेवा में लगातार काम कर रहे हैं, उन्हें सभी बाबाओं को साथ देना चाहिए। उन्हें प्रोत्साहित करना चाहिए। कथावाचक मोहितराम पाठक ने शिव महापुराण कथा के विश्राम दिवस पर शिव महापुराण की महिमा बताई। उन्होंने भगवान गणेश, रुद्राक्ष, बिल्व वृक्ष, पार्थिव शिवलिंग पूजन, शिव नैवेद्य, शिव नाम, भस्म की महिमा, गौ माता की महिमा का वर्णन किया। उन्होंने बताया कि शिव महापुराण हिंदू धर्म के 18 प्रमुख महापुराणों में से एक है। इसमें भगवान शिव, माता पार्वती की महिमा, कल्याणकारी स्वरूप, ज्योतिर्लिंगों, भक्त-वत्सलता का वर्णन है। इसमें शिव के अवतारी रूपों, सृष्टि उत्पत्ति, रुद्राक्ष, भस्म की महिमा का विस्तार से उल्लेख है। इसे मोक्ष और सुख प्राप्ति का साधन माना जाता है।
अधूरा बायपास बना हादसों की वजह, कार दो बार पलटी, शुक्र है यात्री बचे
अहमदपुर-सुका पुलिया के पास अधूरे बायपास निर्माण के चलते सड़क हादसे नहीं रुक रहे। शुक्रवार शाम करीब 6 बजे सुका के पास बायपास चौराहे पर एक कार अनियंत्रित होकर पलट गई। कार दो बार पलटी। चारों पहियों पर उल्टी होकर रुक गई। कार में दो युवक सवार थे। चालक अनिल सिंह ने बताया, बायपास का काम अधूरा है। सड़क पर संतुलन बिगड़ा। वाहन अनियंत्रित हुआ। कार पलट गई। दोनों युवक बाल-बाल बच गए। किसी को गंभीर चोट नहीं आई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक सुका के पास का यह बायपास चौराहा अब दुर्घटना संभावित क्षेत्र बन चुका है। यहां आए दिन वाहन चालक हादसों का शिकार हो रहे हैं। स्थानीय लोगों ने कहा, निर्माण कंपनी ने सड़क का काम लंबे समय से अधूरा छोड़ा है। राहगीरों और वाहन चालकों की जान जोखिम में है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि बायपास निर्माण जल्द पूरा कराया जाए। चौराहे पर जरूरी संकेतक लगाए जाएं। सुरक्षा व्यवस्था की जाए। लगातार हो रहे हादसों पर रोक लगे।
विद्युत कर्मी को लगा करंट, मौत
झाड़ला| झाड़ला विद्युत वितरण केंद्र में कार्यरत 22 वर्षीय युवक की करंट लगने से दर्दनाक मौत हो गई। इस हादसे ने विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली और सुरक्षा इंतजामों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जानकारी के अनुसार झाड़ला निवासी राजेश पुत्र लक्ष्मीनारायण दांगी पिछले दो वर्षों से विद्युत मंडल में राजस्व वसूली का कार्य कर रहे थे। करीब एक माह पूर्व ही उनका चयन स्टेशन ऑपरेटर के पद पर हुआ था। शुक्रवार सुबह तेज आंधी-हवा के कारण क्षेत्र में कई स्थानों पर विद्युत लाइनों में फाल्ट हो गया था। फाल्ट सुधार के लिए उन्हें सुबह 8 बजे ड्यूटी पर बुलाया गया। सुबह करीब 10 बजे राजेश 11 केवी लाइन के फाल्ट को दुरुस्त करने के लिए फीडर पर चढ़े, तभी अचानक लाइन में करंट प्रवाहित हो गया और वे उसकी चपेट में आकर गंभीर रूप से झुलस गए। मौके पर मौजूद कर्मचारियों ने तुरंत उन्हें नीचे उतारकर कुरावर अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
पहले नकली जन्म प्रमाण-पत्र बनाया, इसी आधार पर बनाया था बच्ची का फर्जी आधार
बाल विवाह से जुड़े फर्जी आधार कांड की जांच में अब डबल फर्जीवाड़ा सामने आया है। भास्कर की पड़ताल में खुलासा हुआ कि बच्ची की उम्र बदलने के लिए पहले फर्जी जन्म प्रमाण-पत्र तैयार किया गया, फिर उसी के आधार पर आधार कार्ड में जन्म तारीख बदली गई। जिला अस्पताल के नाम से बनाए गए इस प्रमाण-पत्र की जब जांच हुई तो रिकॉर्ड में संबंधित तारीख पर बच्ची के जन्म की कोई एंट्री नहीं मिली। बता दें कि आरोपी कमल दांगी ने आधार सेंटर संचालक ने 7 अप्रैल 2008 की जन्म तारीख दर्शाते हुए प्रमाण-पत्र तैयार किया था, जबकि जिला अस्पताल के मेटरनिटी विंग के रिकॉर्ड में इस तारीख को कुल 13 प्रसव दर्ज हैं, लेकिन इनमें बच्ची की मां का नाम शामिल नहीं है। यानी जिस दस्तावेज के आधार पर आधार में बदलाव किया गया, वह खुद ही फर्जी निकला। सिविल सर्जन डॉ रजनीश शर्मा ने भी स्पष्ट किया कि ऐसा कोई प्रमाण-पत्र न तो उनके यहां से जारी हुआ और न ही प्रिंट किया गया। कमल ने पहले बनाया फर्जी दस्तावेज चौंकाने वाली बात ये कि कलेक्टोरेट परिसर में स्थित आधार सेंटर के पूर्व संचालक आरोपी कमल ने आधार कार्ड में सीधे बदलाव नहीं किया, बल्कि पहले जन्म प्रमाण-पत्र को ही फर्जी तरीके से तैयार किया गया। इसके बाद उसी नकली दस्तावेज को आधार बनाकर बच्ची की जन्म तारीख 2011 के बजाय 2008 दर्ज कराई गई, ताकि उसे बालिग दिखाया जा सके और बाल विवाह कराया जा सके। जन्म प्रमाण-पत्र भी फर्जी निकला फर्जी आधार कार्ड मिलने के बाद जांच में सामने आया कि आरोपी ने उम्र बदलने के लिए जन्म प्रमाण-पत्र को आधार बनाया था, लेकिन जांच में ये जन्म प्रमाण-पत्र भी फर्जी निकला और इसे आरोपी ने खुद ही तैयार किया था। -अमित-सुरेश तोलानी, एसपी।
इकलेरा चौराहा पर प्रतीक्षालय नहीं, भीषण गर्मी में यात्री परेशान
तलेन | नगर के इकलेरा चौराहा पर यात्री प्रतीक्षालय नहीं है। यात्रियों को सड़क पर खड़े रहकर बस का इंतजार करना पड़ता है। यहां से इकलेरा, कुरावर, भोपाल की ओर रोज करीब दो दर्जन बसें चलती हैं। इनमें नगर के लोग सफर करते हैं। आसपास के ग्रामीण क्षेत्र के लोग भी आते हैं। प्रतीक्षालय नहीं होने से ठंड, बारिश, गर्मी में खुले आसमान के नीचे खड़ा रहना पड़ता है। अभी तापमान 42 डिग्री से ज्यादा है। धूप में यात्रियों को भारी परेशानी हो रही है। महिलाएं परेशान होकर सड़क किनारे बैठ जाती हैं। बस स्टॉप पर यात्रियों ने यहां यात्री प्रतीक्षालय लगाने की मांग की है। स्थानीय लोग प्रशासन से मूलभूत समस्या का जल्द समाधान करने की बात कह रहे हैं।
सुसनेर में 151 घरों में गूंजे मंत्र हुआ गायत्री यज्ञ का विशेष आयोजन
अखिल विश्व गायत्री परिवार शांतिकुंज हरिद्वार के निर्देशन में ग्रह-ग्रह गायत्री यज्ञ का आयोजन हुआ। उज्जैन उपजोन समन्वयक प्रभाकर सोनेने के समन्वय में कार्यक्रम चला। राम आरण्यक आमला शक्तिपीठ के संस्थापक राधेश्याम गामी ने मार्गदर्शन किया। तहसील सुसनेर में 151 घरों में यज्ञ संपन्न हुआ। सोयत क्षेत्र के निष्ठिक परिजनों और सक्रिय कार्यकर्ताओं ने घर-घर सामग्री वितरण किया। विकासखंड सुसनेर में सोयत के 60 घरों में यज्ञ हुआ। मोडी के 71 घरों में यज्ञ हुआ। धारूरुखेड़ी के 12 घरों में यज्ञ हुआ। अन्य स्थानों पर भी यज्ञ हुए। यह क्रम अभी जारी है। आयोजन में जैन धर्म सहित सभी धर्मों के लोगों ने भागीदारी की। जनपद पंचायत सुसनेर के पास ग्राम मोडी में भी ग्रह-ग्रह गायत्री यज्ञ हुआ। गायत्री परिवार के लोगों की सक्रिय भूमिका रही। यज्ञ पुरोहित के रूप में भेरूलाल शर्मा रहे। सहसमन्वयक और मोडी प्रज्ञा संस्थान के संस्थापक मोहनलाल टेलर की भागीदारी रही। जिला समन्वयक गोवर्धन रातडिया, गिरीश शर्मा, सत्यप्रकाश शर्मा, सत्यनारायण बंसिया, संगीता-राधेश्याम शर्मा, रेखा फूलचंद, सविता-प्रशांत शर्मा, पुरुषोत्तम टेलर, डा. जगदीश बैरागी, डा. मुकेश पाटीदार भी शामिल रहे। यह जानकारी गायत्री परिवार तहसील समन्वयक ओमप्रकाश पाटीदार ने दी।
छापे में अवैध खरीदी उजागर, अधिकारी बोले- नियमों में
सुसनेर| ग्राम खजुरी में सामने आया गेहूं खरीदी मामला अब प्रशासनिक दावों और जमीनी हकीकत के बीच टकराव का बड़ा उदाहरण बन गया है। एक ओर कार्यपालक मजिस्ट्रेट की छापेमारी में घर के बाहर संचालित खरीदी केंद्र, 500 से अधिक गेहूं के बोरे, 250 से ज्यादा बारदान और ट्रैक्टरों के साथ बड़े स्तर की खरीदी उजागर हुई, वहीं दूसरी ओर जिला खाद्य अधिकारी ने पूरी प्रक्रिया को नियमों के तहत बताया है। अधिकारी का कहना है कि गोदाम भरने के बाद समिति अपने कार्यक्षेत्र में 25 किलोमीटर के दायरे में कहीं भी खरीदी कर सकती है। लेकिन सवाल यह उठ रहे हैं कि जब खरीदी तीन दिन से चल रही थी तो किसानों को बिल क्यों नहीं दिए गए, बिना बिल भुगतान कैसे होगा और निजी घर के बाहर खरीदी की अनुमति कैसे दी गई। इसके अलावा बिना अधिकृत सर्वेयर गुणवत्ता जांच, स्थल परिवर्तन की पारदर्शिता और दो स्थानों पर एक साथ खरीदी जैसे मुद्दे भी सवालों में हैं।
विवाह सम्मेलन में 76 जोड़े परिणय सूत्र में बंधे
क्षेत्र के बड़ोदिया बड़ली माता मंदिर परिसर में लोधा एवं लववंशी समाज का द्वितीय निशुल्क सामूहिक विवाह सम्मेलन का आयोजन हर्षोल्लास के साथ किया गया। विवाह सम्मेलन में कुल 76 जोड़े वैवाहिक बंधन में बंधकर नए जीवन की शुरुआत की। भीषण गर्मी के बावजूद आयोजन में कार्यकर्ताओं का उत्साह बना रहा। पूरे कार्यक्रम के दौरान उन्होंने सेवा भाव से भोजन एवं अन्य व्यवस्थाओं को सुचारू रूप से संभाला, जिससे आयोजन सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम में सभी समाज के लोग उपस्थित रहे। सभी ने नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद देकर उनके सुखद वैवाहिक जीवन की कामना की।

