उमरिया जिले के बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के मानपुर बफर परिक्षेत्र में दमना गांव के पास खेतों में एक बाघ देखा गया है। रविवार को खेत में बाघ के बैठे होने की सूचना मिलते ही ग्रामीणों की भीड़ मौके पर जमा हो गई, जिससे क्षेत्र में दहशत फैल गई। जानकारी मिलने के तुरंत बाद, टाइगर रिजर्व प्रबंधन की टीम घटनास्थल पर पहुंची। 20 से अधिक अधिकारी कर्मचारी और गाड़ियां को तैनात किया गया है। मानपुर बफर और ताला परिक्षेत्र की एक संयुक्त टीम लगातार बाघ की निगरानी कर रही है। सुरक्षा कारणों से अधिकारियों ने ग्रामीणों को घटनास्थल से दूर कर दिया है। बताया गया है कि बाघ खेतों की झाड़ियों में बैठा हुआ है और उस पर कड़ी नजर रखी जा रही है। स्थिति नियंत्रण में मानपुर बफर परिक्षेत्र के अधिकारी मुकेश अहिरवार ने बताया कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि बाघ की गतिविधियों पर नजर रखने के साथ-साथ क्षेत्र में लगातार गश्त भी की जा रही है, ताकि किसी भी प्रकार की जनहानि को रोका जा सके। बाघ के पहुंचने की खबर से दहशत में ग्रामीण
प्रतापगढ़ में गाड़ी की टक्कर पर पथराव:दो युवक घायल, आधे घंटे तक सड़क पर हंगामा
प्रतापगढ़ के नगर कोतवाली क्षेत्र स्थित रूपापुर में गाड़ी की टक्कर के बाद विवाद बढ़ गया। मामूली कहासुनी जल्द ही मारपीट और पथराव में बदल गई। सड़क पर दोनों पक्षों के बीच जमकर ईंट-पत्थर चले, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। इस पथराव में दो युवकों के सिर में गंभीर चोटें आईं। करीब आधे घंटे तक सड़क पर हंगामा चलता रहा, जिससे राहगीरों और दुकानदारों में दहशत फैल गई। कई दुकानदारों ने अपनी दुकानें बंद कर दीं और कुछ समय के लिए यातायात भी बाधित रहा। सूचना मिलने पर नगर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने दोनों पक्षों को शांत कराकर घायलों को इलाज के लिए जिला अस्पताल भेजा। पुलिस अब आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ कर रही है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले की जांच जारी है। तहरीर मिलने के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
गोरखपुर में रविवार को धर्मशाला तरंग क्रासिंग से लेकर गोरखनाथ ओवरब्रिज तक लंबा जाम लग गया। इस दौरान कार, बाइक, बस, ई-रिक्शा ऑटो घंटों जाम में फंसकर रेंगते रहे। राहगीरों ने कहा कि नया ओवरब्रिज बनने के बाद पहली बार इस तरह का जाम देखने को मिला है। दोपहर करीब 1:30 बजे गोरखनाथ नए ओवरब्रिज के पास पहले जाम की स्थिति बनी। नया ओवरब्रिज बनने के बाद यहां बैरिकेडिंग की गई थी। दुर्गाबाड़ी और तरंग की तरफ से आने वाले वाहन नए ओवरब्रिज पार करके गोरखनाथ के पास से ही यूटर्न ले सकते थे। देखें 2 तस्वीरें- रविवार को तरंग क्रासिंग की तरफ से गोरखनाथ ओवरब्रिज के पास से बैरिकेडिंग हटा दी गई। इसके बाद यहां जाम की स्थिति बन गई। जाम के फंसे लोग काफी देर तक परेशान रहे। वहीं मौके पर ट्रैफिक जवान जाम हटाने का प्रयास करते दिखे। मेला जाने वाले ऑटो-ई-रिक्शा ओवरब्रिज के पास ही रोक दिए जा रहे थे। यहां से श्रद्धालु पैदल गोरखनाथ मंदिर मेले में जा रहे थे। वहीं गोरखनाथ मंदिर से आने वाली सड़क खाली दिखी। उसपर वाहनों की आवाजाही कम दिखी।
सिरसा जिले के डबवाली खंड स्थित सब्जी मंडी का मार्केट कमेटी चेयरमैन सतीश जग्गा ने बुधवार को औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने मंडी की व्यवस्थाओं का जायजा लिया और किसानों व आढ़तियों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याएं सुनी। चेयरमैन जग्गा ने स्पष्ट किया कि मंडी में अब मंथलीखोरी, बेगार, मनमानी, अव्यवस्था या किसी भी प्रकार का भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। व्यवस्थाओं को और सुदृढ़ किया जाएगा चेयरमैन ने कहा कि सब्जी मंडी की व्यवस्थाओं को और सुदृढ़ किया जाएगा, ताकि किसानों, मजदूरों और व्यापारियों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने आश्वासन दिया कि समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा। जग्गा ने सभी हितधारकों से बिना किसी झिझक के उनसे संपर्क करने की अपील की और कहा कि शिकायत या सुझाव मिलने पर नियमानुसार त्वरित कार्रवाई की जाएगी। किसानों और आढ़तियों से की बातचीत किसानों और आढ़तियों से बातचीत में सतीश जग्गा ने बताया कि पूर्ववर्ती सरकारों के कार्यकाल में मंडी में कर्मचारियों द्वारा मंथली लेने, बिना भुगतान फल-सब्जी उठाने और संपत्ति हस्तांतरण में भ्रष्टाचार की शिकायतें आम थीं। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार की भ्रष्टाचार के प्रति जीरो टॉलरेंस नीति के कारण इस पर प्रभावी अंकुश लगा है और इसी नीति के तहत मंडी में पारदर्शी व्यवस्था लागू की जा रही है। कर्मचारियों को दी चेतावनी चेयरमैन ने कर्मचारियों को दो टूक चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि यदि मंडी का कोई कर्मचारी आज भी बेगार में फल-सब्जी लेता है या किसी तरह की अनुचित मांग करता है, तो किसान या व्यापारी निडर होकर उसे मना करें और तुरंत उनके संज्ञान में लाएं। दोषी पाए जाने पर संबंधित कर्मचारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। दुकानों की रजिस्ट्री न होने की शिकायत जग्गा ने बताया कि कुछ दिन पहले आढ़तियों द्वारा आबंटित दुकानों की रजिस्ट्री न होने की शिकायत मिली थी। मामले को गंभीरता से लेते हुए रजिस्ट्री प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जिन आढ़तियों के कागजात पूरे हैं, वे इसी सप्ताह अपनी रजिस्ट्री करवा सकते हैं। उन्होंने सभी से अपील की, कि वे न तो भ्रष्टाचार को बढ़ावा दें और न ही उसका हिस्सा बने।
हाथरस में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के जिला प्रचारक जयकिशोर के साथ आज कुछ लोगों ने मारपीट की। उन्हें गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद उन्हें पहले जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया और फिर आगरा रेफर कर दिया गया है। पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य हमलावरों की तलाश जारी है। यह घटना कोतवाली हाथरस गेट क्षेत्र के नवल नगर में हुई, जहां आरएसएस का कार्यालय स्थित है। जानकारी के अनुसार, जिला प्रचारक जयकिशोर कार्यालय आ रहे थे, तभी गाड़ी निकालने को लेकर उनका कुछ लोगों से विवाद हो गया। वहां एक स्कूटी खड़ी हुई थी और उन्होंने इन लोगों से स्कूटी हटाने के लिए कहा था। विवाद बढ़ने पर हमलावरों ने जयकिशोर के साथ लात-घूंसों से मारपीट की, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। मारपीट की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और घायल जयकिशोर को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। घटना की जानकारी मिलने पर भाजपा सदर विधायक अंजुला माहौर, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रेम सिंह कुशवाह सहित भाजपा और आरएसएस के कई पदाधिकारी व कार्यकर्ता अस्पताल पहुंचे। पुलिस अधीक्षक चिरंजीव नाथ सिन्हा भी मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। अन्य आरोपियों की पुलिस कर रही तलाश पुलिस अधीक्षक चिरंजीव नाथ सिन्हा ने बताया कि इस मामले में तत्काल कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। अन्य हमलावरों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें गठित कर दी गई हैं और उनकी तलाश जारी है।
देवरिया जिले के सलेमपुर कोतवाली क्षेत्र में समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक मनबोध प्रसाद सहित 18 लोगों के विरुद्ध लूट, छेड़खानी, मारपीट और हत्या के प्रयास समेत विभिन्न गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। यह कार्रवाई न्यायालय के आदेश पर सलेमपुर कोतवाली पुलिस द्वारा की गई है। बताया जा रहा है कि इस प्रकरण में पूर्व विधायक पक्ष की ओर से पहले ही एक मुकदमा दर्ज कराया जा चुका है और उस मामले में आरोपी जेल भी जा चुके हैं। सलेमपुर क्षेत्र की एक महिला द्वारा पुलिस को दी गई तहरीर के अनुसार, यह घटना 16 नवंबर 2025 की रात को हुई। धारदार हथियारों से हमला महिला ने आरोप लगाया है कि कुछ लोग एकजुट होकर उसके घर के पास पहुंचे और लोहे की रॉड तथा धारदार हथियारों से हमला किया। आरोपियों के पास अवैध पिस्टल भी थी और उन्होंने जान से मारने की धमकी दी। इस हमले में एक युवक गंभीर रूप से घायल होकर बेहोश हो गया। पीड़िता ने अपनी शिकायत में यह भी बताया कि मारपीट के दौरान उसके साथ छेड़खानी की गई और उसका मंगलसूत्र छीन लिया गया। घटना के बाद उसने स्थानीय पुलिस को शिकायत दी, लेकिन कोई कार्रवाई न होने पर उसे न्यायालय का दरवाजा खटखटाना पड़ा। लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज न्यायालय के निर्देश के बाद ही पुलिस ने यह मामला दर्ज किया। कोतवाली पुलिस ने जिन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है, उनमें पूर्व विधायक मनबोध प्रसाद, उनके पुत्र मुकुट मणि, विजय बहादुर, अमन, सूरजभान, रीतू, रितेश, अश्वनी, विमलावती देवी, धानपति देवी, रणविजय, अमरावती देवी, अर्चना देवी सहित पांच अज्ञात व्यक्ति शामिल हैं। कोतवाली प्रभारी महेंद्र चतुर्वेदी ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और मामले की विवेचना की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पुलिस दोनों पक्षों के आरोपों की निष्पक्ष जांच करेगी।
टोंक में 17 लाख की ड्रग पकड़ी, 4 गिरफ्तार:एनएच 52 के पास खाली जगह पर छापा, स्कॉर्पियो भी जब्त
टोंक में DST ने नेशनल हाईवे 52 के पास देर रात छापा मारकर अवैध नशे की सप्लाई पकड़ी। इस कार्रवाई में 4 लोगों को हिरासत में लिया गया। उनके पास से स्मैक, चरस, गांजा, नकद रुपए, मोबाइल और एक स्कॉर्पियो गाड़ी बरामद हुई। मामला कोतवाली थाना क्षेत्र का है और कार्रवाई शनिवार देर रात की गई। एनएच 52 के पास खाली जगह पर छापाटोंक कोतवाली थाना क्षेत्र में एनएच 52 के पास जखीरा कालोनी की खाली पड़ी जगह पर DST ने छापा मारा। यहां चार लोग अवैध मादक पदार्थों की खरीद फरोख्त में शामिल पाए गए। मौके से सफेद स्कॉर्पियो गाड़ी भी जब्त की गई। करीब 17 लाख का नशा बरामदDST प्रभारी ओमप्रकाश के अनुसार आरोपियों के पास से करीब 42 ग्राम स्मैक बरामद हुई, जिसकी कीमत लगभग 8 लाख रुपए है। इसके अलावा 40 ग्राम चरस करीब 8 लाख रुपए की और 1 किलो 200 ग्राम गांजा करीब 60 हजार रुपए का मिला। साथ ही खरीद फरोख्त में इस्तेमाल किए जाने वाले 39 हजार रुपए नकद और पांच मोबाइल भी जब्त किए गए। चारों आरोपी कोतवाली पुलिस के सुपुर्दDST ने कार्रवाई के बाद चारों आरोपियों को आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए कोतवाली थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया। पुलिस ने चारों के खिलाफ NDPS एक्ट की धाराओं में मामला दर्ज किया है। शहर में नशे की सप्लाई दे रहे थे आरोपीपुलिस के अनुसार पकड़े गए चारों आरोपी टोंक शहर में नशे की सप्लाई कर रहे थे। DST की इस कार्रवाई से यह सप्लाई रोकी गई है। ये चार आरोपी हुए गिरफ्तारपुलिस ने जिन चार लोगों को पकड़ा है, उनमें खुर्शीद आलम 23 साल पुत्र फैज मोहम्मद निवासी देवगांव बघेरा, थाना केकडी जिला अजमेर शामिल है।नदीम 34 साल पुत्र जफर बेग निवासी यूसुफपुरा चराई, थाना सदर जिला टोंक है।साहिल 21 साल पुत्र शरीफ मोहम्मद उमर निवासी देवगांव बघेरा, थाना केकडी जिला अजमेर है।वसीम 38 साल पुत्र बादशाह मियां निवासी गुलजारबाग, थाना कोतवाली जिला टोंक का रहने वाला है।
केन्द्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज संसद में केन्द्रीय बजट पेश किया। 85 मिनट के भाषण में वित्त मंत्री ने आम आदमी के लिए कोई बड़ा ऐलान नहीं किया। हालांकि टैक्स फाइल करने में सहूलियत, रेलवे प्रोजेक्ट और आयुर्वेदिक AIIMS जैसी नई बातें कही गई हैं। केन्द्रीय बजट के बाद शेयर मार्केट में भारी गिरावट दर्ज की गई। सेंसेक्स में 2300 अंकों की गिरावट दर्ज की गई। बजट पर एमपी के डिप्टी सीएम और वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने भास्कर से कहा कि पूरे देश के लिए बजट था और उसमें ही मध्य प्रदेश है। जितने भी बजट में प्रावधान हुए हैं। उन सबका लाभ मध्य प्रदेश को मिलेगा। बहुत बडे़ बडे़ काम इस बजट में हुए हैं। इन्फ्रास्ट्रक्चर के लिए हो या पूंजीगत कार्यों के लिए 12 लाख 20 हजार करोड़ का प्रावधान किया है। इससे रोजगार भी मिलेगा और व्यापार भी बढ़ेगा। एक नहीं अनेक क्षेत्रों में इसका लाभ मिलेगा। ये बजट स्वागत योग्य है। हमारी जो उम्मीदें थीं वो पूरी हुई हैं। शेयर मार्केट गिरने पर वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने कहा- ये सारी बातें एक सतत प्रक्रिया है। सीएम बोले- बजट का लक्ष्य भारत को सशक्त बनाने का हैकेन्द्रीय बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल का यह बजट प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी सरकार का 12वां और वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा प्रस्तुत किया गया नौवां बजट है। उन्होंने इसे ‘विकसित भारत 2047’ की दिशा में मजबूत कदम बताया। गरीब, युवा, किसान और महिलाओं पर विशेष फोकस मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल का यह बजट विकसित भारत 2047 की नींव मजबूत करने वाला है। इसमें गरीबों, युवाओं, अन्नदाता किसानों और महिलाओं के सशक्तिकरण को प्राथमिकता दी गई है। बजट का उद्देश्य सभी वर्गों के साथ न्याय करते हुए देश को आर्थिक रूप से मजबूत बनाना है। बायो-फार्मा हब बनने की ओर भारत, विनिर्माण को बढ़ावा सीएम ने कहा कि भारत को बायो-फार्मा हब बनाने के लिए विनिर्माण क्षेत्र में बड़े स्तर पर निवेश किया गया है। इसके तहत एक हजार क्लिनिकल ट्रायल स्थलों के विकास का फैसला लिया गया है, जिससे रिसर्च और हेल्थ सेक्टर को मजबूती मिलेगी। एआई और रिसर्च से एमपी को मिलेगा सीधा फायदा डॉ. यादव ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और रिसर्च एंड डेवलपमेंट पर विशेष ध्यान दिया गया है। इससे देश के साथ-साथ मध्य प्रदेश भी तकनीकी विकास में आगे बढ़ेगा। टेक्सटाइल सेक्टर में एमपी को बड़ी सौगात मुख्यमंत्री ने कहा कि पीएम मित्र टेक्सटाइल पार्क से प्रदेश में रोजगार के बड़े अवसर पैदा होंगे। इससे 6 लाख से ज्यादा कपास उत्पादक किसानों को लाभ होगा और मालवा क्षेत्र में औद्योगिक क्रांति आएगी। बड़े-छोटे शहरों के विकास पर जोर मुख्यमंत्री ने कहा कि 5 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों के साथ-साथ छोटे शहरों के विकास के लिए भी बजट में पर्याप्त धनराशि रखी गई है, जिससे प्रदेश के शहरी क्षेत्रों को नई गति मिलेगी। महिला सशक्तिकरण को मिला मजबूत आधार डॉ. यादव ने हर जिले में महिला छात्रावास निर्माण को ऐतिहासिक निर्णय बताया। इससे बेटियों को शिक्षा में सुविधा मिलेगी और नारी सशक्तिकरण को मजबूती मिलेगी। बुजुर्गों के इलाज के लिए केयर इकोसिस्टम मुख्यमंत्री ने कहा कि केयर इकोसिस्टम के माध्यम से बुजुर्गों के इलाज को समय पर सुनिश्चित किया जाएगा, जिससे वरिष्ठ नागरिकों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिलेंगी। गंभीर बीमारियों की दवाएं सस्ती सीएम ने कहा कि प्रधानमंत्री को गंभीर बीमारियों की दवाइयों को सस्ता करने के फैसले के लिए बधाई दी और कहा कि इससे आम परिवारों पर इलाज का आर्थिक बोझ कम होगा। पर्यटन से रोजगार और विरासत को पहचान डॉ. यादव ने कहा कि हजारों टूरिस्ट गाइडों की नियुक्ति और पुरातात्विक स्थलों को पर्यटन के लिए खोलने से रोजगार बढ़ेगा और भारत की विरासत को वैश्विक पहचान मिलेगी। राज्यों को मिलेगा बड़ा आर्थिक सहारा मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्यों के लिए 1.46 लाख करोड़ रुपए का अनुदान रखा गया है, जिससे मध्य प्रदेश को भी सीधा लाभ मिलेगा।
जालंधर के बस्ती बावा खेल इलाके बाबा बुड्ढा जी पुल के पास नहर से बच्चे का शव मिला है। नहर के पास खेल रहे बच्चों ने सबसे पहले शव को देखा और शोर मचाया। बच्चों का शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और उन्होंने तुरंत थाना बस्ती बावा खेल पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में ले लिया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल भेज दिया है। पुलिस का कहना है कि ये शव किसने फैंका है इसकी जांच के लिए नहर के आसपास स्थित घरों के सीसीटीवी कैमरी चेक किए जा रहे हैं। पुलिस बोली-बच्चे की उम्र 2 से 3 महीने की लग रही थाना बस्ती बावा खेल के मुलाजिम सुखदयाल ने बताया कि प्राथमिक जांच में बच्चे की उम्र लगभग 2-3 महीने लग रही है। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। एसीपी आतिश भाटिया ने बताया कि उन्हें राजा गार्डन इलाके में बाबा बुड्ढा जी पुल के पास नहर में बच्चे के शव की सूचना मिली थी। इसके बाद मौके पर पुलिस टीम को भेजा। शव को सिविल अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया है।
शिवपुरी जिले में यूजीसी कानून के विरोध में बुलाए गए भारत बंद का असर उग्र रूप में देखने को मिला। करेरा और शिवपुरी शहर में प्रदर्शनकारियों ने भाजपा द्वारा आयोजित बजट कार्यक्रमों को रद्द करवा दिया। करेरा में कुर्सियां फेंकी गईं और तोड़फोड़ हुई, जिसके चलते भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष को कार्यक्रम स्थल से जाना पड़ा। वहीं, जिला मुख्यालय पर भी मंच पर चढ़कर नारेबाजी की गई। करेरा कस्बे में पुलिस सहायता केंद्र के पास भाजपा ने बजट पर कार्यक्रम रखा था। इसमें भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष रणवीर सिंह रावत मौजूद थे। बजट प्रसारण के दौरान ही प्रदर्शनकारी वहां पहुंच गए। उन्होंने नारेबाजी करते हुए मंच पर पहुंचकर एलसीडी बंद करा दी। इस दौरान कुर्सियां भी फेंकी गईं, जिससे अफरा-तफरी मच गई। सुरक्षा कारणों से रणवीर सिंह रावत को वहां से हटना पड़ा और कार्यक्रम रद्द कर दिया गया। शिवपुरी में मंच पर चढ़े प्रदर्शनकारी शिवपुरी शहर के माधव चौक पर भी भाजपा ने बजट कार्यक्रम के लिए टेंट लगाया था। यहां जिला अध्यक्ष जसवंत जाटव और नपा अध्यक्ष गायत्री शर्मा मौजूद थे। आंदोलनकारी यहां भी पहुंचे और मंच पर चढ़कर नारेबाजी शुरू कर दी। विरोध के बीच एलसीडी बंद कर दी गई, जिससे कार्यक्रम बीच में ही रोकना पड़ा। बाद में एडिशनल एसपी संजीव मुले ने मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली। प्रदर्शनकारियों ने जिला अध्यक्ष को ज्ञापन भी सौंपा। दुकानों में भी की तोड़फोड़ भारत बंद के दौरान करेरा में बाजार बंद कराते समय तिल रोड स्थित एक ऑनलाइन दुकान और कच्ची गली में एक गारमेंट दुकान में तोड़फोड़ की घटनाएं सामने आईं। हालांकि, पुलिस ने किसी बड़े विवाद या गंभीर चोट की पुष्टि नहीं की है।
रायपुर के डीडी नगर थानाक्षेत्र के में रहने वाली युवती के घर में उसके पूर्व प्रेमी ने जमकर बवाल काटा। युवती के घर में आरोपी घुसा और परिजनों के सामने जान से मारने की धमकी दी। युवती की शिकायत पर डीडी नगर पुलिस ने मामला दर्ज करके जांच में लिया है। आरोपी प्रेमी का नाम पुलिस द्वारा रितेश सिंह बताया जा रहा है। अब पढ़े क्या है पूरा मामला शिकायतकर्ता युवती ने पुलिस को बताया, कि उसका चंगोरा भाठा निवासी रितेश सिंह से तीन साल पहले रिलेशन था। कुछ कारणों से उसने रितेश से संपर्क तोड़ लिया था। युवती ने बताया कि 30 जनवरी की रात करीब 9 बजे रितेश उसके घर पहुंचा और जोर-जोर से दरवाजा खटखटाने लगा। दरवाजा खोलने पर वह घर में घुस गया और गालियां देना शुरु कर दी। परिजनों के सामने आरोपी ने शादी करने के लिए दबाव बनाने लगा और शादी नहीं करने पर जान से मारने की धमकी दी। युवती ने घटना की सूचना अपनी बड़ी बहन को दी। चूंकि रात का समय ज्यादा था, इसलिए युवती ने 31 जनवरी 2026 को थाने जाकर लिखित शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने शुरु की जांच युवती की शिकायत पर डीडी नगर पुलिस ने मामले में केस दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। जांच अधिकारियों का कहना है, कि सभी पक्षों की जांच करने के बाद वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
भिवानी की बैंक कॉलोनी में नगर परिषद द्वारा खुला दरबार लगाया गया। जिसमें समस्याएं सुनने के लिए नगर परिषद के चेयरमैन प्रतिनिधि एवं पार्षद भवानी प्रताप पहुंचे। इस दौरान स्थानीय लोगों ने सड़क व पानी सहित अन्य समस्याएं रखी। लोगों ने कहा कि काफी लंबे समय से उन्हें परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं भवानी प्रताप ने आश्वासन देते हुए कहा कि करीब 3 करोड़ रुपए की लागत से यहां गलियों का निर्माण करवाया जाएगा। साथ ही सीवर व पानी की समस्या का भी जल्द से जल्द समाधान करवाएंगे। लोग बोले- सप्लाई में आ रहा गंदा पानी पार्षद प्रतिनिधि अजय, ईश्वर, सुनीता, माया, राजेंद्र सिंह इंद्र सिंह आदि ने कहा कि उनके यहां पिछले लंबे समय से पीने का गंदा पानी आ रहा है। जिस पानी को वह पीना तो दूर अन्य कार्यों में भी इस्तेमाल नहीं कर सकते। इस समस्या को लेकर वे कई बार अधिकारियों से भी मिल चुके हैं, लेकिन कोई समाधान नहीं हुआ। वहीं कॉलोनी में सीवर व्यवस्था भी तक पड़ी है। सीवर का गंदा पानी गलियों में भी जमा रहता है। जिससे आने-जाने में दिक्कत होती है। उन्होंने कहा कि कॉलोनी की कई गलियां पिछले कई वर्षों से टूटी हुई है। जिसके कारण यहां से पैदल गुजरना भी मुश्किल हो गया है। लोगों ने मांग की कि इन समस्याओं का जल्द से जल्द समाधान किया जाए। साथ ही खुला दरबार में समस्याएं रखने के बाद को लेकर कहा कि उम्मीद है कि अब उनकी समस्याओं का समाधान होगा। 3 करोड़ की लागत से बनेगी गलियां नगर परिषद के चेयरमैन प्रतिनिधि एवं पार्षद भवानी प्रताप ने कहा कि बैंक कॉलोनी में करीब 3 करोड़ रुपए की लागत से गलियों का निर्माण किया जाएगा। इसके बाद लोगों को टूटी हुई सड़कों से राहत मिलेगी। वहीं पूरे शहर की टूटी सड़कों को भी करीब 6 महीने में दुरुस्त कर दिया जाएगा। जिसको लेकर नगर परिषद काम कर रही है। उन्होंने कहा कि पेयजल व सीवर की समस्या का भी जल्द ही समाधान किया जाएगा। क्योंकि पूरे शहर में तेजल व शिविर लाइन दुरुस्त करने का काम होगा।
सिरसा में वाहन की टक्कर से युवक की मौत:बाइक पर घर लौट रहा था अविवाहित; मौके से ड्राइवर फरार
सिरसा जिले के डबवाली खंड में शनिवार देर शाम एक सड़क हादसे में 27 वर्षीय युवक की मौत हो गई। लोहगढ़ और सकताखेड़ा गांवों के बीच एक अज्ञात कार ने उसकी मोटरसाइकिल को टक्कर मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। कार ड्राइवर मौके से फरार हो गया। डॉक्टरों ने मृत किया घोषित मृतक की पहचान पंजाब के श्री मुक्तसर साहिब जिले के फताखेड़ा गांव के अमनदीप (27) पुत्र बूटा सिंह के रूप में हुई है। राहगीरों ने अमनदीप को तुरंत डबवाली के सरकारी अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अमनदीप जेसीबी ड्राइवर का काम करता था। वह इन दिनों डबवाली क्षेत्र के सकताखेड़ा गांव में पानी की पाइपलाइन डालने के कार्य में लगा हुआ था। शनिवार शाम काम खत्म कर वह मोटरसाइकिल से अपने घर लौट रहा था, तभी यह हादसा हुआ। केस दर्ज कर जांच में जुटी पुलिस हादसे की सूचना मिलते ही अमनदीप के परिजन और फताखेड़ा गांव के लोग डबवाली के सरकारी अस्पताल पहुंचे। अमनदीप अविवाहित था और उसके एक भाई व एक विवाहित बहन है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी में रखवाया। मृतक के पिता बूटा सिंह के बयान के आधार पर पुलिस ने अज्ञात वाहन ड्राइवर के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
सुल्तानपुर राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. सलिल श्रीवास्तव का कार्यकाल समाप्त हो गया है। उनके स्थान पर डॉ. प्रियांक वर्मा को कॉलेज का कार्यवाहक प्राचार्य नियुक्त किया गया है। डॉ. श्रीवास्तव पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगे हैं, जिनकी लोकायुक्त द्वारा जांच जारी है। डॉ. श्रीवास्तव पर नियमों का उल्लंघन कर डॉ. प्रियांक वर्मा को उप-प्राचार्य का कार्यभार सौंपने का आरोप है। उधर गोसाईंगंज के हयातनगर निवासी बृजेश उपाध्याय ने 17 जून को लोकायुक्त में डॉ. श्रीवास्तव के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। इस शिकायत का संज्ञान लेते हुए सचिव डॉ. रीमा बंसल ने जिलाधिकारी सुल्तानपुर को 18 नवंबर तक तथ्यात्मक रिपोर्ट प्रस्तुत करने का आदेश दिया था। जो अब तक नहीं दी गई है। शिकायत में प्राचार्य पर पदभार संभालने के बाद अनुचित रूप से संपत्ति अर्जित करने का मुख्य आरोप है। बृजेश उपाध्याय ने आरोप लगाया है कि डॉ. सलिल श्रीवास्तव ने प्राचार्य पद संभालने के बाद अपनी पत्नी डॉ. संगीता श्रीवास्तव और पुत्र अनमोल श्रीवास्तव के नाम पर कई बेशकीमती भूखंड खरीदे। पत्नी के नाम पर खरीदी गई जमीन के कागजातों में पति के स्थान पर पिता का नाम दर्ज है। इसी तरह, पुत्र के दस्तावेजों में व्यवसाय के स्थान पर कृषि दर्ज कराया गया, जबकि उस समय अनमोल पढ़ाई कर रहे थे और उनका कृषि से कोई संबंध नहीं था। जांच के दायरे में लीड रिसोर्स सिक्योरिटी मैनपॉवर सर्विसेज कंपनी और गरुड़ा कंपनी को टेंडर देने का मामला भी शामिल है। लीड कंपनी की स्थापना 7 दिसंबर 2021 को हुई थी, जबकि लीड रिसोर्स प्राइवेट लिमिटेड दिसंबर 2022 में शुरू हुई। इन दोनों कंपनियों के निदेशक एक ही हैं और उनका कार्यालय लखनऊ के चिनहट में स्थित है। सरकारी पोर्टल पर दोनों कंपनियों के पते में केवल 'विलेज' और 'नॉन विलेज' का अंतर है। आरोप है कि 2 मार्च 2025 को जारी इंटरव्यू पत्र में इन पतों का उपयोग कर शासन, विभाग और अभ्यर्थियों को गुमराह किया गया।
देवीपाटन रेंज के आईजी अमित पाठक ने गोंडा समेत मंडल के 13 पुलिसकर्मियों के निलंबन के बाद अब 13 दुर्घटना मामलों में अग्रिम विवेचना के आदेश दिए हैं। तीन दिन पहले दुर्घटना मामलों की जांच में लापरवाही और भ्रष्टाचार के आरोप में इन पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया था।आईजी पाठक ने अलग-अलग विवेचकों को इन 13 मुकदमों की जांच कर न्यायालय में सही ढंग से आरोप पत्र प्रेषित करने का निर्देश दिया है। इन मामलों में बहराइच के 9 सड़क दुर्घटना प्रकरण शामिल हैं, जहां गलत तरीके से विवेचना की गई थी। इसमें वाहन चालक के स्थान पर दूसरे चालक को दिखाना, एक वाहन की जगह दूसरे वाहन को शामिल करना और घटना को अंजाम देने वाले वास्तविक वाहनों को छिपाना शामिल था। गोंडा में घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल की जगह दूसरे विकल्प वाहन को दिखाया गया था। 3 तस्वीरें देखिए… वहीं श्रावस्ती में फर्जी वाहन और फर्जी चालक को विवेचना में शामिल करने के मामले सामने आए थे।दरअसल, इन सभी मामलों की वास्तविक स्थिति अलग थी। जब किसी दुर्घटना में किसी व्यक्ति की मौत होती है, तो बीमा कंपनी द्वारा मृतक को क्षतिपूर्ति दी जाती है। ऐसे प्रकरणों में, जहां वाहन का बीमा नहीं होता या चालक के पास वैध ड्राइविंग लाइसेंस नहीं होता, क्षतिपूर्ति की वसूली संबंधित मालिक और चालक से किए जाने का प्रावधान है। लेकिन इन 13 मामलों में विवेचकों ने वास्तविक दुर्घटना स्थल पर दूसरे बीमाकृत वाहन को दुर्घटनाग्रस्त दिखाया। इसके साथ ही, वास्तविक वाहन को नहीं दिखाया गया और जिन चालकों के पास लाइसेंस नहीं थे, उनके स्थान पर दूसरे ड्राइविंग लाइसेंस लगा दिए गए थे। आईजी अमित पाठक ने बताया कि अन्य मामलों को लेकर भी जांच कराई जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जहां भी लापरवाही मिलेगी, कठोर कार्रवाई की जाएगी और किसी भी प्रकार का भ्रष्टाचार या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
छत्तीसगढ़ के एकमात्र स्वामी विवेकानंद तकनीकी विश्वविद्यालय (CSVTU) भिलाई के पीएचडी प्रकोष्ठ में फीस वसूली के जरिए वित्तीय घोटाला हुआ है। विश्वविद्यालय की तरफ से गठित दो सदस्यीय जांच समिति की प्रारंभिक रिपोर्ट में 9 लाख 44 हजार 500 रुपए के गबन की पुष्टि हुई है। जांच में पाया गया कि, पीएचडी शोधार्थियों से कैश और ऑनलाइन राशि लेकर फर्जी रसीदें दी गईं। विश्वविद्यालय की कार्य परिषद ने मामले में एफआईआर दर्ज कराने का निर्णय लिया है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने 1 दिसंबर 2025 को पीएचडी प्रकोष्ठ में वित्तीय अनियमितताओं की जांच के लिए समिति गठित की थी। समिति की पहली बैठक 15 दिसंबर 2025 को आयोजित हुई। जिसमें पीएचडी प्रकोष्ठ प्रभारी डॉ. एस.आर. ठाकुर उपस्थित रहे। बैठक में कुछ थीसिस सबमिशन शुल्क से संबंधित रसीदों का अवलोकन किया गया। विवि के पूर्व अफसरों की भूमिका जांच के दायरे में जांच के दौरान समिति को बताया गया कि, संबंधित अवधि में पीएचडी प्रकोष्ठ का कार्य कनिष्ठ सलाहकार सुनील कुमार प्रसाद द्वारा, तत्कालीन अकादमिक प्रभारी डॉ. दीप्ती वर्मा के निर्देशन में किया जा रहा था। समिति ने जनवरी 2024 से वर्तमान तक के सभी थीसिस सबमिशन, RDC और नोटिफिकेशन प्रकरणों से जुड़ी फीस रसीदें पेश करने के निर्देश दिए। इस बीच कुलपति के आदेश पर मुख्य वित्त अधिकारी से कुछ विशिष्ट कैश रसीदों को लेकर जानकारी मांगी गई थी। मुख्य वित्त अधिकारी की तरफ से उपलब्ध कराई गई जानकारी की भी जांच समिति ने अध्ययन किया। 52 प्रकरणों की जांच, 30 में अनियमितता शोधार्थी बोले- सलाहकार के कहने पर किया भुगतान 30 दिसंबर 2025 को जांच समिति की बैठक में पीएचडी शोधार्थियों को अभिकथन के लिए बुलाया गया। 7 शोधार्थी व्यक्तिगत रूप से उपस्थित हुए, जबकि कुछ ने ईमेल के माध्यम से अपने बयान भेजे। सभी शोधार्थियों ने समिति के सामने स्वीकार किया कि उन्होंने फीस कनिष्ठ सलाहकार सुनील कुमार प्रसाद के कहने पर जमा किया। भुगतान नकद रूप में या फिर सुनील कुमार प्रसाद या उनके परिचितों (रमेश/शिव पाल) के बैंक खातों में ऑनलाइन किया गया। शोधार्थियों ने ऑनलाइन भुगतान की पावती भी समिति को सौंपी है। कनिष्ठ सलाहकार ने राशि लेने की बात स्वीकारी जांच समिति के समक्ष उपस्थित होकर सुनील कुमार प्रसाद ने अपने बयान में स्वीकार किया कि उन्होंने शोधार्थियों से कैश और ऑनलाइन राशि प्राप्त की है। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि, नस्तियों में पाई गई सभी रसीदें उन्होंने ही शोधार्थियों को दी थीं। सुनील कुमार प्रसाद ने यह दावा भी किया कि, उन्होंने यह कार्य तत्कालीन प्रभारी कुलसचिव अंकित अरोरा के निर्देश पर किया। शोधार्थियों से प्राप्त राशि उन्हें सौंप दी जाती थी। इसके बदले उन्हें उसी दिन या अगले दिन रसीदें उपलब्ध कराई जाती थीं। हालांकि, इस संबंध में कोई ठोस प्रमाण पेश नहीं किया गया। तत्कालीन कुलसचिव ने आरोपों से किया इनकार तत्कालीन प्रभारी कुलसचिव अंकित अरोरा ने जांच समिति के सामने प्रस्तुत अपने अभिकथन में सभी आरोपों का खंडन किया। उन्होंने कहा कि, न तो उन्होंने कोई राशि ली और न ही कोई रसीद जारी की। उन्होंने समिति को स्वतंत्र जांच के लिए हैंडराइटिंग एक्सपर्ट और साइबर जांच कराने की अनुमति देने की बात कही। वहीं, तत्कालीन पीएचडी अकादमिक प्रभारी डॉ. दीप्ती वर्मा ने फर्जी रसीदों के संबंध में जानकारी न होना बताया। उन्होंने कहा कि वो केवल अकादमिक और नियमों के अनुसार फाइलों का परीक्षण कर आगे बढ़ाते थे और उन्हें कभी रसीदों की सत्यता पर संदेह नहीं हुआ। कार्य परिषद का निर्णय, FIR दर्ज होगी जांच समिति की रिपोर्ट के आधार पर विश्वविद्यालय की कार्य परिषद की बैठक 22 जनवरी 2026 को आयोजित हुई। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि कनिष्ठ सलाहकार सुनील कुमार प्रसाद के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। साथ ही इस पूरे प्रकरण में किसी अन्य अधिकारी, कर्मचारी या सलाहकार की संलिप्तता की भी जांच कराए जाने का निर्णय लिया गया। विश्वविद्यालय प्रशासन ने मामले को लेकर नेवई थाने में आवेदन देकर संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
जयपुर में ओवर-स्पीड कार ने दो युवको को रौंदा, मौत:पैदल लौट रहे थे घर, सामने आ रही कार को मारी टक्कर
जयपुर में ओवर-स्पीड कार ने शनिवार रात दो युवकों को रौंदा डाला। हादसे में पैदल घर लौट रहे दोनों युवकों की मौत हो गई। टक्कर मारकर भागने के दौरान कार सवार सामने से आ रही गाड़ी में जा घुसा। हरमाड़ा थाना पुलिस ने कांवटिया हॉस्पिटल में दोनों मृतकों का पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया। पुलिस ने कार को जब्त कर ड्राइवर की तलाश शुरू कर दी है। ASI हरि सिंह ने बताया- हादसे में विरदी चंद्र शर्मा (40) निवासी बीलपुरा कलवाड़ा और राहुल मीणा (19) निवासी माचड़ा हरमाड़ा की डेथ हो गई। लोहामंडी में बालाजी धर्मकांटे के पास विरदी चंद्र की मिठाई की शॉप है, जबकि राहुल मीणा कॉम्पिटिशन एग्जाम की तैयारी कर रहा था। घटनाक्रम के मुताबिक, रात करीब 10:15 बजे विरदी चंद्र ने शॉप क्लोज की थी। विरदी चंद्र और राहुल मीणा दोनों ही सर्विस लेन पर पैदल घर जा रहे थे। इसी दौरान नींदड़ मोड़ से लोहा मंडी की ओर आ रही ओवर स्पीड स्विफ्ट कार ने दोनों को टक्कर मारकर रौंद डाला। कार भागने के दौरान सामने से आ रही ब्रेजा गाड़ी में स्विफ्ट कार जा घुसी। हादसे के बाद ड्राइवर मौके पर क्षतिग्रस्त कार को छोड़कर भाग निकला। एक्सीडेंट की सूचना पर पहुंची हरमाड़ा थाना पुलिस ने लहूलुहान हालत में पड़े दोनों घायलों को प्राइवेट हॉस्पिटल में एडमिट करवाया। इलाज के दौरान डॉक्टर्स ने दोनों को डेड घोषित कर दिया। पुलिस ने कांवटिया हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी में रविवार दोपहर दोनों शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया। पुलिस ने क्षतिग्रस्त मिली दोनों कारों को जब्त किया है। पुलिस एक्सीडेंट कर भागने वाले स्विफ्ट कार के ड्राइवर की तलाश कर रही है।
बाराबंकी पुलिस ने एक विशेष अभियान के तहत 106 गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जिनकी अनुमानित कीमत 22 लाख रुपये है। पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय के निर्देश पर चलाए गए इस अभियान में सर्विलांस सेल और थाना स्तर की टीमों को यह सफलता मिली। इन मोबाइलों को सीईआईआर पोर्टल (सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर) के माध्यम से तकनीकी विश्लेषण और ट्रैकिंग के जरिए बरामद किया गया। विभिन्न थानों में दर्ज शिकायतों के आधार पर आईएमईआई नंबरों का उपयोग कर उनकी लोकेशन ट्रैक की गई, जिसके बाद अलग-अलग स्थानों से फोन मिले। बरामद किए गए मोबाइल फोन 01 फरवरी 2026 को पुलिस लाइन सभागार में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान उनके वास्तविक स्वामियों को सौंपे गए। अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी श्री विकास चंद्र त्रिपाठी ने ये मोबाइल फोन सुपुर्द किए। अपने खोए हुए फोन और उसमें मौजूद महत्वपूर्ण डेटा वापस पाकर मालिकों ने बाराबंकी पुलिस का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर बाराबंकी पुलिस ने नागरिकों से अपील की कि मोबाइल फोन गुम या चोरी होने पर तुरंत नजदीकी थाने में शिकायत दर्ज कराएं या सीधे सीईआईआर पोर्टल पर ऑनलाइन रिपोर्ट करें। यह पोर्टल गुम हुए फोन को ब्लॉक करने, ट्रैक करने और शीघ्र बरामद करने में सहायक है। पुलिस ने साइबर फ्रॉड से बचाव के उपाय भी बताए और साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 तथा वेबसाइट cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करने की जानकारी दी। उल्लेखनीय है कि पिछले तीन महीनों में मोबाइल रिकवरी टीम द्वारा 400 से अधिक मोबाइल फोन बरामद किए जा चुके हैं, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 77 लाख रुपये है। इन सभी फोनों को उनके स्वामियों को सौंपा गया है।
फरीदाबाद में ग्रीवेंस कमेटी की बैठक की तारीख तय कर दी गई है। बैठक 5 फरवरी को सेक्टर 12 के सामुदायिक भवन में की जाएगी। बैठक की अध्यक्षता मंत्री राव नरबीर सिंह द्वारा की जाएगी। डीसी आयुष सिन्हा बैठक को लेकर जानकारी दी है। 3 बजे का समय रखा गया डीसी ने जानकारी देते हुए बताया कि सेक्टर 12 स्थित हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (HSVP) के सामुदायिक भवन में बैठक का आयोजन किया जाएगा। बैठक का समय दोपहर बाज 3 बजे का रखा गया है। बैठक के दौरान जिले से संबंधित विभिन्न विभागों से जुड़ी जनसमस्याओं, शिकायतों और परिवादों पर विस्तार से चर्चा की जाएगी। मंत्री राव नरबीर करेंगे अध्यक्षता डीसी ने कहा कि मंत्री राव नरबीर सिंह बैठक में लोगों की समस्याएं सुनेंगे। उन्होंने बताया कि लोक संपर्क एवं परिवाद निवारण समिति का उद्देश्य आमजन की शिकायतों का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करना है। बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारी अपने-अपने विभाग से जुड़े मामलों की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगे। लंबित मामलों की समीक्षा के साथ-साथ नए परिवादों पर भी आवश्यक निर्देश दिए जाएंगे। अधिकारियों को तैयारी करके आने निर्देश डीसी ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे बैठक में पूरी तैयारी के साथ उपस्थित रहें और अपने विभाग से संबंधित मामलों का संतोषजनक समाधान प्रस्तुत करें। उन्होंने आम नागरिकों से भी अपील की है कि वे निर्धारित प्रक्रिया के तहत अपनी शिकायतें दर्ज कराएं, ताकि उनका समाधान प्रभावी रूप से किया जा सके
बैतूल में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने केंद्र सरकार के बजट को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने इसे विश्वास और विकास का बजट बताते हुए कहा कि यह बजट केवल एक वर्ष का नहीं, बल्कि अगले दस वर्षों के भारत की दिशा तय करेगा। खंडेलवाल ने कहा कि यह बजट देश को आत्मनिर्भरता और वैश्विक प्रतिस्पर्धा की ओर ले जाएगा। खंडेलवाल ने बताया कि अब तक भारत में चिप का उत्पादन नहीं होता था, जबकि ताइवान, अमेरिका और चीन इस क्षेत्र में अग्रणी थे। इस बजट में सेमीकंडक्टर और रेयर अर्थ मेटल के उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए ठोस नींव रखी गई है, जिससे भारत तकनीकी रूप से आत्मनिर्भर बनेगा। लॉजिस्टिक्स लागत घटेगी, टैक्स सिस्टम सरल होगा उन्होंने कहा कि सरकार ने लॉजिस्टिक्स लागत घटाने, उद्योगों को दंड के बजाय सहूलियतें देने और टैक्स प्रणाली को सरल बनाने पर जोर दिया है। इसका उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों को स्वेच्छा से टैक्स भुगतान के लिए प्रोत्साहित करना है। मेडिकल टूरिज्म हब बनेगा भारत मेडिकल टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए बजट में विशेष प्रावधान किए गए हैं। खंडेलवाल ने कहा कि भारत में सस्ता और गुणवत्तापूर्ण इलाज उपलब्ध है, जिससे आने वाले वर्षों में देश विश्व का प्रमुख मेडिकल टूरिज्म हब बन सकता है। टूरिज्म सर्किट से मिलेगी नई पहचानइसके अतिरिक्त, टूरिज्म सर्किट और बुद्धिस्ट सर्किट के विकास से भारत की सांस्कृतिक और धार्मिक पहचान को नई ऊर्जा मिलेगी। प्रदेश अध्यक्ष ने बताया कि रेल कॉरिडोर और इंडस्ट्रियल हब के माध्यम से मध्य प्रदेश को सीधा लाभ मिलेगा। केंद्र सरकार द्वारा दी जा रही सहायता से प्रदेश का बजट और भी मजबूत होगा। खंडेलवाल ने अंत में कहा कि यह बजट केवल विकास का रोडमैप ही नहीं, बल्कि देश के हर नागरिक के विश्वास को मजबूत करने वाला एक महत्वपूर्ण दस्तावेज़ है। देखिए तस्वीरें…
सहारनपुर में केंचुआ पालन और जैविक खाद के नाम पर एक किसान से 3.80 लाख रुपए की ठगी का गंभीर मामला सामने आया है। पीड़ित अनिल कुमार ने जय एग्रो बायो साइन्स प्राइवेट लिमिटेड नामक कंपनी के सीएमडी, एमडी, एडमिन और कर्मचारियों पर धोखाधड़ी, षड्यंत्र, कूटरचित दस्तावेज तैयार करने, जातिसूचक गाली देने और जान से मारने की धमकी देने के आरोप लगाए हैं। पीड़ित ने विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी कोर्ट में प्रार्थना पत्र देकर मुकदमा दर्ज कराने की मांग की है। थाना रामपुर मनिहारान के मोहम्मदपुर बहलोलपुर निवासी पीड़ित अनिल कुमार ने बताया कि उसकी जान-पहचान जय एग्रो बायो साइन्स प्राइवेट लिमिटेड के अधिकारियों से थी। इसी भरोसे पर कंपनी के लोग उसके गांव पहुंचे और खुद को रजिस्टर्ड कंपनी बताते हुए दस्तावेज, पैन कार्ड, जीएसटी नंबर और फोटो दिखाए। आरोप है कि कंपनी के सीएमडी सुशील कुमार और एमडी संजीव कुमार ने दावा किया कि केंचुआ से जैविक खाद तैयार कर मोटा मुनाफा कमाया जा सकता है। कंपनी ने प्रार्थी को यह प्रलोभन दिया कि जितना भी निवेश किया जाएगा, वह 25 महीनों में दोगुना हो जाएगा। इसके अलावा प्रतिमाह भुगतान या तिमाही किस्तों में 30 प्रतिशत राशि लौटाने का भी वादा किया गया। पीड़ित के अनुसार, कंपनी ने उसके खेत में केंचुआ खाद के लिए बैड लगाने का काम शुरू किया, लेकिन बैड में न तो पर्याप्त गोबर डाला गया और न ही केंचुआ। इसके कारण खाद तैयार नहीं हुई और खेत भी खराब हो गया, जिससे अब वह खेती या जुताई तक नहीं कर पा रहा है। कंपनी द्वारा एक बैड (8 फीट लंबा, 4 फीट चौड़ा और 2 फीट गहरा) लगाने के नाम पर 10 हजार रुपये लिए गए, जिसमें 15 कुंतल गोबर और 30 किलो केंचुआ डालने की बात कही गई थी, लेकिन यह सब सिर्फ कागजों तक ही सीमित रहा। पीड़ित ने आरोप लगाया कि उसने कुल 3 लाख 80 हजार रुपये नकद कंपनी के लोगों को दिए। यह रकम प्रोजेक्ट प्लान के तहत पाइपलाइन, चारदीवारी, पानी के हौज, समरसेबल और तार बैड के नाम पर ली गई। यह भुगतान गवाहों ब्रजपाल सिंह और सोनिया देवी की मौजूदगी में किया गया। आरोप है कि कंपनी के सभी आरोपी एक राय होकर षड्यंत्र के तहत रकम हड़पकर फरार हो गए। पीड़ित ने बताया कि जय एग्रो बायो साइन्स प्राइवेट लिमिटेड के नाम से एक्सिस बैंक, आईडीएफसी बैंक, पंजाब नेशनल बैंक और केनरा बैंक में खाते संचालित किए जा रहे थे। इन खातों को कंपनी के सीएमडी सुशील कुमार और एमडी संजीव कुमार ही ऑपरेट करते थे, जबकि एडमिन के तौर पर मयंक वत्स त्यागी और संजय चौहान कंपनी के प्लान और स्कीम को प्रमोट करते थे। पीड़ित ने बताया कि 8 जुलाई 2025 को वह अपने साथियों के साथ कंपनी के शाकुम्बरी विहार (आवास विकास योजना-8) स्थित ऑफिस पहुंचा, तो वहां ताला लगा मिला। आसपास के लोगों ने बताया कि यह ऑफिस काफी समय से बंद है। जब पीड़ित ने फोन पर अपनी निवेश की गई रकम वापस मांगी, तो आरोप है कि कंपनी के लोगों ने जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी। पीड़ित के अनुसार, एनसीआरबी से जानकारी मिली है कि जय एग्रो बायो साइन्स प्राइवेट लिमिटेड और उसके संचालकों के खिलाफ सहारनपुर के विभिन्न थानों में पहले से ही 10 से 12 धोखाधड़ी के मुकदमे दर्ज हैं। अनिल कुमार ने बताया कि उसने पहले थाना रामपुर मनिहारान में शिकायत की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद 10 सितंबर 2025 को एसएसपी को रजिस्टर्ड डाक से शिकायत भेजी गई, फिर भी मामला दर्ज नहीं किया गया। अब पीड़ित ने विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी कोर्ट से मुकदमा दर्ज कराया है।
झालावाड़ के पनवाड़ थाना पुलिस ने अवैध मादक पदार्थ तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसके कब्जे से 3 ग्राम 43 मिलीग्राम स्मैक जब्त की है। पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने बताया कि विशेष अभियान के तहत पनवाड़ थानाधिकारी जाकिर हुसैन के नेतृत्व में टीम ने यह कार्रवाई की। टीम ने चमलासा थाना पनवाड़ निवासी राकेश (27) पुत्र रामेहतार बैरवा को दुमलिया खेड़ी बालाजी रोड पर गिरफ्तार किया। आरोपी के पास से कुल 3 ग्राम 43 मिलीग्राम अवैध स्मैक बरामद की गई। उसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी गई है। इस कार्रवाई में हेड कांस्टेबल पवन सिंह, कांस्टेबल अशोक और कांस्टेबल दिनेश मीणा की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस की प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी भवन निर्माण में कारीगरी का काम करता है और उसे स्मैक पीने की लत है।
नेशनल मेडिकोज ऑर्गेनाइजेशन (NMO) की गुरु गोरखनाथ स्वास्थ्य सेवा यात्रा 6.0 का शुभारंभ जनपद बहराइच में 6 फरवरी से होगा। इस यात्रा के तहत सीमावर्ती क्षेत्रों के 38 गांवों में चिकित्सा शिविर आयोजित किए जाएंगे। यह जानकारी नेशनल मेडिकोज ऑर्गेनाइजेशन की जिला अध्यक्ष डॉ. सारिका साहू ने दी। उन्होंने बताया कि 6 और 7 फरवरी को इन गांवों में चिकित्सा शिविर लगाकर मरीजों का परीक्षण किया जाएगा। इसके बाद, 8 फरवरी को किसान डिग्री कॉलेज परिसर में एक विशाल स्वास्थ्य शिविर (मेगा स्वास्थ्य शिविर) का आयोजन होगा। डॉ. सारिका साहू ने बताया कि इस अभियान में किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU), राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान (RML), संजय गांधी पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (SGPGI) और महाराजा सुहेलदेव मेडिकल कॉलेज के विशेषज्ञ चिकित्सक अपनी सेवाएं देंगे। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य ही राष्ट्र की शक्ति है। इसी संकल्प के साथ नेशनल मेडिकोज ऑर्गेनाइजेशन (NMO) और श्री गुरु गोरखनाथ सेवा न्यास पिछले पांच वर्षों से दुर्गम क्षेत्रों में चिकित्सा सेवाएं प्रदान कर रहे हैं। इस वर्ष की सेवा यात्रा अपने छठे चरण में है, जो बहराइच जनपद के वनवासी क्षेत्रों में आधुनिक चिकित्सा और सेवा के समर्पण को जोड़कर एक नया इतिहास रचने जा रही है। इस कार्य में महाराजा सुहेलदेव मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य, शिक्षक और छात्रों का विशेष सहयोग मिल रहा है। स्वास्थ्य सेवा यात्रा के संयोजक धर्मेंद्र सिंह ने शिविरों के विस्तृत कार्यक्रम की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मिहींपुरवा विकासखंड के 22 सीमावर्ती गांवों जैसे विष्नापुर अंबा, फकीरपुरी, वर्दियां, सलारपुर मूर्तियां, भगड़िया, गोपिया, जोगनिया, करमोहना, कांजीबाग, अयोध्या गांव, हरखापुर, रामपुरवा, सुजौली चहलवा, चितलहवा, गौरापिपरा, सोगवा, पड़रिया, मटेरीकला, सोहनी बलाई गांव, मदारिया और धरमापुर में 6 और 7 फरवरी को चिकित्सा शिविर लगेंगे। इसी क्रम में, बाबागंज विकासखंड के बाबागंज, मिहीपुरवा, गोकुलपुरवा, रामबख्शपूरवा, भगवानपुर करिंगा, जैतापुर, खैरनिया और रामपुर गंगापुर में 6 फरवरी को शिविर आयोजित होंगे। वहीं, जमदान, सिरसिया, राजा गांव, रामनगर गुलरिया, सामलगांव, बेलवरिया, माधवपुर रघुनाथ और इटहा में 7 फरवरी को मेगा स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया जाएगा। इस बार 20,000 से अधिक मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण करने का लक्ष्य रखा गया है। इस दौरान मेजर डॉ एसपी सिंह ,डॉ विकास मिश्रा, डॉ बृजेश शुक्ला, डॉ दिव्येश बरनवाल, डॉ मनीष शुक्ला, डॉ रामेंद्र त्रिपाठी ,डॉ अमिताभ मिश्रा डॉ दिवाकर दत्त त्रिपाठी, डॉ उपेंद्र वर्मा, डॉ रामकुमार विभाग प्रचारक प्रमुख अतुल गौड़, जिला प्रचार प्रमुख विपिन आदि उपस्थित रहे।
मुजफ्फरनगर में रविदास जयंती और आगामी त्योहारों को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट है। इसी क्रम में शनिवार को जिलाधिकारी उमेश मिश्रा और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय वर्मा के नेतृत्व में पूरे जनपद में व्यापक फ्लैग मार्च निकाला गया। इसमें सभी थानों की पुलिस फोर्स, पीएसी और अतिरिक्त पुलिस बल शामिल था। यह फ्लैग मार्च शहर के प्रमुख चौराहों, बाजारों और अति संवेदनशील क्षेत्रों से होकर गुजरा। सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए डॉग स्क्वायड और एंटी बम स्क्वायड टीम भी साथ रहीं।पुलिस अधिकारियों ने सड़कों पर उतरकर आमजन को सुरक्षा का भरोसा दिलाया। उन्होंने असामाजिक तत्वों को सख्त संदेश दिया कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। 3 तस्वीरें देखिए… वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय वर्मा ने बताया कि रविदास जयंती और आने वाले अन्य त्योहारों को लेकर मुजफ्फरनगर पुलिस पूरी तरह सतर्क है। किसी भी प्रकार के उपद्रव या अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी नजर रखी जा रही है।उन्होंने आगे बताया कि जनपद के सभी प्रमुख धार्मिक स्थलों और महापुरुषों की मूर्तियों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। इसके अतिरिक्त, प्रमुख चौराहों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में पुलिस बल की तैनाती बढ़ा दी गई है। पुलिस प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे त्योहारों को आपसी सौहार्द और शांति के साथ मनाएं। धार्मिक आयोजनों और यात्राओं के दौरान किसी भी तरह का हुड़दंग, नारेबाजी या कानून व्यवस्था भंग करने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शांति व्यवस्था बनाए रखना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
लखनऊ में एक युवक को थार सवार लोगों ने अपहरण कर लिया। उसे लिफ्ट देने के बहाने गाड़ी में बैठा लिया। उसके बाद अंदर ही उसके हाथ-पैर बांधकर जमकर पीटा। उसकी जेब से 60 हजार रुपए और मोबाइल फोन निकाल लिया। आलू के एक खेत में उसे फेंककर भाग गए। घटना सैरपुर इलाके की है। युवक खेत में बैठा रोते हुए लोगों को बुला रहा था। लोगों ने जैसे ही देखा तो तुरंत उसके पास पहुंचे। उसके हाथ-पैर खोले। इसके बाद सारी बात पूछी। युवक ने बताया कि वह कानपुर के घाटमपुर का रहने वाला है। यहां LPG गैस की गाड़ी चलाता है। गाड़ी का इंतजार कर रहा था, लिफ्ट मिली पीड़ित हृदय नारायण कानपुर के घाटमपुर निवासी हैं और गैस का ट्रक चलाते हैं। शनिवार रात वह आमौसी स्थित एलपीजी प्लांट से ट्रक लेकर कानपुर वापस जा रहे थे। रात करीब 9 बजे अमौसी में हाइडिल के पास वह गाड़ी का इंतजार कर रहे थे, तभी एक थार उनके पास आकर रुकी। थार में बैठे चार युवकों ने हृदय नारायण से कानपुर जाने के बारे में पूछा। लिफ्ट देने के बहाने उसे गाड़ी में बैठा लिया, लेकिन कुछ दूर चलने के बाद गाड़ी को रिंग रोड की तरफ मोड़ दिया। इसके बाद एक युवक ने पिस्तौल निकालकर उन पर तान दी और मारपीट शुरू कर दी। आंखों पर पट्टी बांधकर गाड़ी के अंदर पीटा बदमाशों ने हृदय नारायण की आंखों पर पट्टी बांधी और हाथ-पैर बांध दिए। पूरे रास्ते वे उसे पीटते रहे और उसकी जेब में रखे 60 हजार रुपए छीन लिए। बाद में उसे सैरपुर इलाके में सड़क किनारे एक आलू के खेत में फेंककर फरार हो गए। पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है।
पलवल जिला सीआईए स्टाफ होडल की टीम ने लाखों रुपए कीमत की 13.04 ग्राम हेरोइन के साथ एक युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी के खिलाफ मुंडकटी थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और उससे पूछताछ जारी है। पुन्हाना मोड़ होडल में पुलिस की गश्त जानकारी अनुसार मुंडकटी थाना प्रभारी तेजपाल ने बताया कि सीआईए होडल के एएसआई राकेश कुमार अपनी टीम के साथ पुन्हाना मोड़ होडल में गश्त कर रहे थे। इसी दौरान उन्हें सूचना मिली कि सौंध गांव के नीरज हेरोइन बेचने का अवैध धंधा करता है और वह अंधोप मोड़ के पास ग्राहक का इंतजार कर रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने घेराबंदी कर संदिग्ध को पकड़ लिया। टीम ने कब्जे में लिया नशीला पदार्थ एनडीपीएस एक्ट के नियमों का पालन करते हुए ड्यूटी मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में नीरज की तलाशी ली गई। उसकी पैंट की जेब से एक पॉलीथीन बरामद हुई, जिसमें 13.04 ग्राम हेरोइन थी। पुलिस ने इस नशीले पदार्थ को सील कर कब्जे में ले लिया है। आरोपी के खिलाफ मुंडकटी थाने में संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। नेटवर्क की तलाश जारी पुलिस अब नीरज से गहन पूछताछ कर रही है। इसका उद्देश्य यह जानना है कि वह यह हेरोइन कहां से लाया था और पलवल क्षेत्र में इस अवैध कारोबार में उसके अन्य कौन-कौन से साथी शामिल हैं।
झालावाड़ के ललित वैष्णव को वैष्णव ब्राह्मण समाज कोटा संभाग की नई कार्यकारिणी में उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। यह घोषणा कोटा स्थित वैष्णव ब्राह्मण समाज भवन में आयोजित एक समारोह में की गई। इस नियुक्ति से झालावाड़ जिले को संभागीय स्तर पर महत्वपूर्ण प्रतिनिधित्व मिला है। वरिष्ठ संरक्षक मंडल ने ललित वैष्णव को नियुक्ति प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता नव नियुक्त संभागीय अध्यक्ष भुवनेश वैष्णव ने की। इस समारोह में कोटा, बूंदी और झालावाड़ जिलों से बड़ी संख्या में समाजबंधु शामिल हुए। कार्यक्रम का शुभारंभ जगतगुरु रामानंदाचार्य के पूजन के साथ हुआ। संतों और समाज के वरिष्ठजनों के सानिध्य में आयोजित इस कार्यक्रम में संतों ने मार्गदर्शन और आशीर्वाद प्रदान किया। इस अवसर पर धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए गए, जो देर शाम तक चले। अपनी नियुक्ति के बाद ललित वैष्णव ने समाज के सर्वांगीण विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि समाज भवनों के सुदृढ़ीकरण, विद्यार्थियों के लिए छात्रावास निर्माण और शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए योजनाबद्ध प्रयास किए जाएंगे।
संभल में पंचायत चुनाव की रंजिश में एक महिला की गोली मारकर हत्या का मामला सामने आया है। इस घटना के बाद दोषियों की गिरफ्तारी और उन्हें जेल भेजने की मांग तेज हो गई है। गुन्नौर विधानसभा से सपा विधायक रामखिलाड़ी यादव ने संभल कोतवाली क्षेत्र स्थित जिला संयुक्त चिकित्सालय में पीड़ित परिवार से मुलाकात की। यह घटना बीते शुक्रवार रात बबराला थाना क्षेत्र के पहलवाड़ा गांव में हुई। यहां ग्राम प्रधान मीरा देवी की 62 वर्षीय सास प्रेमवती देवी (पत्नी राजेंद्र), जो एक राशन डीलर भी थीं, की सीने में गोली मारकर हत्या कर दी गई। घटना के बाद गांव में फायरिंग और पथराव से अफरा-तफरी मच गई, जिसके चलते तनाव को देखते हुए पुलिस बल तैनात किया गया है। विधायक रामखिलाड़ी यादव ने प्रेमवती देवी के पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पहले गठित मेडिकल टीम पर उन्हें भरोसा नहीं था, क्योंकि जिला अस्पताल के एक डॉक्टर की दूसरे पक्ष से साठ-गांठ थी। इस शिकायत के बाद जिलाधिकारी, सीएमओ और पुलिस अधीक्षक ने नई मेडिकल टीम का गठन किया है। विधायक ने बताया कि अब पोस्टमार्टम की पूरी प्रक्रिया वीडियोग्राफी के साथ की जाएगी। साथ ही, सीटी स्कैन और एक्सरे के जरिए यह स्पष्ट किया जाएगा कि गोली कहां और कैसे लगी। उनका कहना है कि इससे सच्चाई सामने आएगी और किसी भी तरह की लीपापोती नहीं हो सकेगी। पंचायत चुनाव को लेकर हुए इस झगड़े पर विधायक ने टिप्पणी की कि जनता सच्चे और ईमानदार लोगों के साथ है, जबकि कुछ लोग दहशत और बल के सहारे अपने उम्मीदवार को जिताना चाहते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि लाठी-डंडों और डर के माहौल में वोट डलवाने की कोशिश की जा रही है। विधायक ने गांव में पार्टीबंदी का जिक्र करते हुए मामले की निष्पक्ष जांच की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यह हत्या है और सभी दोषियों को जेल जाना चाहिए।
महात्मा गांधी को केवल एक विचारक या राजनीतिक नेता के रूप में देखना उनके व्यक्तित्व को सीमित करना है। वे कर्म के दार्शनिक थे, जिनका दर्शन बोलने में नहीं, बल्कि जीवन और आचरण में प्रकट होता है। गांधी को समझने के लिए उन्हें देवता की तरह पूजने के बजाय मनुष्य के रूप में देखना जरूरी है। ऐसा मनुष्य जो प्रश्न करता है, आत्ममंथन करता है और सही समय पर नैतिक हस्तक्षेप करता है। यह विचार ख्यात आलोचक और साहित्यकार विजय बहादुर सिंह ने गांधी पुण्यतिथि पर व्यक्त किए। वे गांधी भवन भोपाल में ‘गांधी के पुनर्पाठ की जरूरत’ विषय पर आयोजित व्याख्यान में बोल रहे थे। कार्यक्रम का आयोजन गांधी भवन न्यास और ‘हम सब’ के संयुक्त तत्वावधान में किया गया। स्मृतियों और अनुभवों में जीवित गांधी विजय बहादुर सिंह ने कहा कि उन्होंने गांधी को सबसे पहले किताबों में नहीं, बल्कि उन लोगों की स्मृतियों और अनुभवों में जाना, जो उनके साथ रहे थे। गांधी के साथ रहने वालों के अनुभव ही उन्हें समझने की सबसे सशक्त कुंजी हैं। उन्होंने अपने बचपन की स्मृतियां साझा करते हुए बताया कि जब गांधी की हत्या हुई, तब वे गांव में थे। शिक्षा के अभाव के बावजूद गांधी हर घर में मौजूद थे, लोकगीतों में, किस्सों में और रोजमर्रा की बातचीत में। उसी समय पहली बार समझ आया कि कोई व्यक्ति लोकनायक कैसे बनता है। जन्मशती से शुरू हुआ गंभीर अध्ययन 1969 में गांधी जन्मशती के दौर को याद करते हुए उन्होंने बताया कि उसी समय उन्होंने गांधी को गंभीरता से पढ़ना शुरू किया। इस दौरान गांधी के निकट सहयोगियों, कवि भवानी प्रसाद मिश्र और धर्मपाल सैनी जैसे विद्वानों से संवाद हुआ। उनके अनुभवों ने गांधी की वैचारिक गहराई को नए सिरे से सामने रखा। साधारण प्रश्न, कठिन उत्तर व्याख्यान में गांधी के आश्रम जीवन से जुड़े कई प्रसंगों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि गांधी के प्रश्न बेहद साधारण होते थे, लेकिन उनके उत्तर देना कठिन होता था। वे सवाल नहीं लगते थे, पर व्यक्ति को आत्मपरीक्षण के लिए विवश कर देते थे। सेवाग्राम आश्रम का उदाहरण देते हुए उन्होंने बताया कि स्वागत में जब गेहूं बिछाया गया, तो गांधी ने इसे किसान के श्रम का अपमान बताया। गांधी के लिए अन्न, श्रम और मनुष्य तीनों समान रूप से पूजनीय थे। भारतीयता, अधिकार और कर्तव्य विजय बहादुर सिंह ने गांधी की भारतीयता की परिभाषा पर भी विस्तार से बात की। उन्होंने कहा कि गांधी के लिए भारतीय होना जन्म या भूगोल का प्रश्न नहीं था, बल्कि अपनी परंपरा, समाज और लोगों पर आत्मविश्वास होना ही सच्ची भारतीयता है। उन्होंने अधिकार और कर्तव्य के संतुलन पर जोर देते हुए कहा कि गांधी अधिकारों से पहले कर्तव्यों की बात करते थे। आज समाज में दिख रही अव्यवस्था की बड़ी वजह यही है कि अधिकारों को तो अपनाया गया, लेकिन कर्तव्यों को भुला दिया गया। जीवन और कला की एकात्म दृष्टि उन्होंने कहा कि भारतीय दृष्टि में जीवन और कला अलग नहीं हैं। पूजा, श्रम, नृत्य और जीवन-सब एक ही चेतना के रूप हैं। गांधी इसी समग्र जीवन-दृष्टि के प्रतिनिधि थे। अपने वक्तव्य के समापन में उन्होंने कहा कि गांधी अतीत की स्मृति नहीं हैं, बल्कि आज भी हमारे सामने खड़े सबसे कठिन प्रश्न हैं-हमारे साहस, कर्म और नैतिक जिम्मेदारी को लेकर। गांधी को याद करने का अर्थ है अपने जीवन में ईमानदार होना। गांधी: पूरी दुनिया की नैतिक आवाज इससे पहले पूर्व आईजी और गांधी अध्येता अनुराधा शंकर सिंह ने कहा कि महात्मा गांधी केवल भारत के स्वतंत्रता आंदोलन के नेता नहीं थे, बल्कि वे पूरी दुनिया की नैतिक चेतना बन चुके थे। उनकी हत्या की खबर ने न सिर्फ भारत, बल्कि पूरे विश्व को शोक और सन्नाटे में डाल दिया था। उन्होंने अमेरिका के एक छोटे कस्बे का प्रसंग साझा करते हुए बताया कि वहां की एक साधारण महिला आज भी वह सुबह नहीं भूल पाई, जब रेडियो पर गांधी की हत्या की खबर आई थी। यह बताता है कि गांधी भारत की सीमाओं से कहीं आगे, वैश्विक नैतिकता का प्रतीक थे। कर्म का दर्शन, भाषण का नहीं अनुराधा शंकर सिंह ने लेखक जॉर्ज ऑरवेल का उल्लेख करते हुए कहा कि ऑरवेल ने गांधी को नैतिक यात्रा पर चलता हुआ व्यक्ति बताया है-एक विचार से दूसरे विचार और एक कर्म से दूसरे कर्म की यात्रा। गांधी का जीवन स्थिर नहीं था, बल्कि निरंतर आत्मपरीक्षण और नैतिक प्रयोग का जीवन था। उन्होंने कहा कि गांधी का दर्शन भाषणों का नहीं, बल्कि कर्म का दर्शन था। उन्होंने आजादी या नारी-मुक्ति पर लंबे भाषण नहीं दिए, लेकिन अपने कार्यों से स्वतंत्रता और आत्मसम्मान का अर्थ समझाया। बिना नारे का नारी-सशक्तिकरण महिलाओं के संदर्भ में उन्होंने बताया कि जब गांधी ने महिलाओं को उनके श्रम का पारिश्रमिक सीधे उनके हाथ में दिया, तो यह उनके जीवन का निर्णायक क्षण बन गया। पहली बार महिलाओं ने समझा कि पैसा और निर्णय की शक्ति क्या होती है। यह बिना किसी नारे के किया गया सबसे बड़ा नारी-सशक्तिकरण था। अहिंसा: नैतिक साहस का मार्ग उन्होंने कहा कि गांधी ने दुनिया को संघर्ष का ऐसा रास्ता दिखाया, जिसमें हथियार उठाने की जरूरत नहीं होती। अहिंसा उनके लिए कमजोरी नहीं, बल्कि नैतिक साहस थी। इसी कारण दुनिया के कई देशों ने गांधी के तरीकों से प्रेरणा लेकर स्वतंत्रता हासिल की।
खेत पर फसल की रखवाली कर रहे किसान की मौत:पुलिस ने शव पोस्टमार्टम को भेजा, सर्दी लगने की आशंका
फफूंद थाना क्षेत्र के दौलतपुर गांव में खेत पर फसल की रखवाली कर रहे एक 58 वर्षीय किसान रणधीर सिंह यादव की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। रविवार सुबह उनके पुत्र ने उन्हें अचेत अवस्था में पाया, जिसके बाद परिजनों और पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और प्रारंभिक तौर पर सर्दी लगने से मौत की आशंका जताई जा रही है। जानकारी के अनुसार, दौलतपुर निवासी रणधीर सिंह यादव (58) खेती-किसानी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। वह अक्सर खेत पर लगी समर (ट्यूबवेल) के कमरे में ही रुकते थे। शनिवार शाम लगभग सात बजे वह घर से खाना खाकर फसल की रखवाली के लिए खेत पर गए थे। खेत देखने के बाद वह समर के कमरे में सो गए। रविवार सुबह जब उनके पुत्र अर्जुन सिंह चाय लेकर खेत पर पहुंचे और पिता को जगाने का प्रयास किया, तो वह नहीं जागे। गांव के एक निजी डॉक्टर को बुलाया गया, जिन्होंने उन्हें मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, जांच-पड़ताल की और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक के चार पुत्र नीलेश यादव, शरद यादव, अर्जुन सिंह, धीरेंद्र यादव और दो बेटियां अनीता व सुनीता हैं। परिवार में शोक का माहौल है। इस संबंध में प्रभारी थानाध्यक्ष राजीव कुमार सिंह ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।
फलोदी जिला पुलिस ने अवैध मादक पदार्थ एमडी के सप्लायर फरसाराम विश्नोई को गिरफ्तार किया है। आरोपी पिछले 10 माह से फरार चल रहा था। उस पर जानलेवा हमला, डकैती, एनडीपीएस और आर्म्स एक्ट सहित 11 गंभीर मामले दर्ज हैं। यह कार्रवाई लोहावट थाना पुलिस ने की है। 27 ग्राम अवैध एमडी के साथ गिरफ्तार किया था आरोपी लोहावट पुलिस ने 21 मार्च को राज्य राजमार्ग पर स्थित श्रीराम भोजनालय से विकास विश्नोई नामक एक आरोपी को 27 ग्राम अवैध एमडी के साथ गिरफ्तार किया था। विकास ने पूछताछ में बताया था कि यह मादक पदार्थ उसे फरसाराम ने ही सप्लाई किया था। इसके बाद पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर फरसाराम की गिरफ्तारी के लिए़ एक टीम का गठन किया गया। पुलिस टीम ने प्राप्त सूचना के आधार पर आरोपी फरसाराम (26) निवासी जम्भेश्वर नगर, लोहावट को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, फरसाराम पिछले 8 वर्षों से आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहा है। पुलिस आरोपी से मादक पदार्थ की खरीद-फरोख्त के संबंध में आगे की पूछताछ कर रही है।
हरदोई जिले के लोनार कोतवाली क्षेत्र में बावन नहर पुल के नीचे एक 20 वर्षीय युवक का शव मिला है। रविवार सुबह राहगीरों ने पुल के पास पानी में शव देखा, जिसके बाद मौके पर भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। पुलिस की प्रारंभिक जांच और स्थानीय लोगों की मदद से मृतक की पहचान मनमोहन सिंह (20) पुत्र नन्हे सिंह के रूप में हुई है। वह हरियावा थाना क्षेत्र के ग्राम अरुआ कमालपुर का निवासी था। युवक की मौत की खबर मिलते ही परिजनों में शोक छा गया। रोते-बिलखते परिजन मौके पर पहुंचे। परिजनों ने बताया कि युवक घर से निकला था, लेकिन उसकी मौत किन परिस्थितियों में हुई, यह अभी स्पष्ट नहीं है। घटना की गंभीरता को देखते हुए सीओ सिटी सतेंद्र सिंह ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मौत का असली कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा। पुलिस फिलहाल इस मामले को आत्महत्या, हादसा और हत्या—तीनों पहलुओं से जोड़कर जांच कर रही है। गांव में युवक की मौत को लेकर विभिन्न तरह की चर्चाएं हैं, और पुलिस संदिग्धों से पूछताछ की तैयारी कर रही है।
बारां के राजकीय मेडिकल कॉलेज में फैकल्टी की भारी कमी से 200 एमबीबीएस छात्रों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। कॉलेज में स्वीकृत 85 फैकल्टी पदों में से 58 पद खाली पड़े हैं। ऐसे में प्रथम और द्वितीय वर्ष के छात्रों की पढ़ाई मात्र 27 शिक्षकों के भरोसे चल रही है, जिसके कारण कुछ विषयों की पढ़ाई ऑनलाइन माध्यम से करानी पड़ रही है। सीनियर रेजिडेंट (एसआर) की स्थिति भी चिंताजनक है। स्वीकृत 40 एसआर पदों के मुकाबले वर्तमान में केवल 6 ही कार्यरत हैं। हाल ही में हुई काउंसलिंग में 13 एसआर आवंटित किए गए हैं, लेकिन उन्होंने अभी तक कार्यभार ग्रहण नहीं किया है। पिछली काउंसलिंग में भी कई पद खाली रह गए थे। शिक्षण संसाधनों की कमी भी एक बड़ी समस्या है। कॉलेज की लाइब्रेरी में पर्याप्त किताबें उपलब्ध नहीं हैं। इसके अलावा, कैडेवर की भारी कमी है; 100 छात्रों पर केवल एक कैडेवर होने से प्रैक्टिकल ट्रेनिंग पर सीधा असर पड़ रहा है। फिजिकल एक्टिविटी के लिए खेल मैदान और खेल सामग्री का भी अभाव है। अस्पताल आने-जाने के लिए बस जैसी परिवहन सुविधा न होने से छात्रों को परेशानी होती है। मानसिक स्वास्थ्य, लीडरशिप और टीमवर्क विकसित करने के लिए आयोजित की जाने वाली गतिविधियां भी प्रभावी ढंग से संचालित नहीं हो पा रही हैं। एमबीबीएस द्वितीय वर्ष के महत्वपूर्ण बेसिक सब्जेक्ट्स जैसे माइक्रोबायोलॉजी, पैथोलॉजी और फार्माकोलॉजी में भी सीमित फैकल्टी उपलब्ध है। इन विषयों में कुल मिलाकर केवल 7-8 शिक्षक ही कार्यरत हैं। कॉलेज प्रिंसिपल डॉ. सीपी मीणा ने बताया कि फैकल्टी और एसआर की भर्ती के लिए राजमेस स्तर पर आवेदन प्रक्रिया जारी है। उन्होंने उम्मीद जताई कि जल्द ही करीब 10 एसआर कॉलेज में कार्यभार ग्रहण कर लेंगे। खेल मैदान और सामग्री के लिए संबंधित एजेंसियों को पत्र भेजे गए हैं, और योग, स्पोर्ट्स व अन्य गतिविधियां समय-समय पर आयोजित की जा रही हैं।
चित्रकूट जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं की बदहाली के खिलाफ रविवार को युवाओं ने प्रदर्शन किया। उन्होंने शहीद स्मारक पर कफ़न ओढ़कर 'कफ़न सत्याग्रह' किया, जिसमें मेडिकल कॉलेज की स्थापना और बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं की मांग की गई। प्रदर्शनकारियों ने सरकार का ध्यान जिले की कमजोर स्वास्थ्य व्यवस्था की ओर खींचा। उनकी मुख्य मांग चित्रकूट में एक मेडिकल कॉलेज की स्थापना और स्वास्थ्य सेवाओं में ठोस सुधार थी, जिसमें जिला अस्पताल और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में डॉक्टरों व संसाधनों की पर्याप्त व्यवस्था शामिल है। इस दौरान युवाओं के हाथों में चार पेज का एक पत्र भी था, जिसे भूपेंद्र पटेल ने अपने खून से लिखकर मुख्यमंत्री को संबोधित किया था। पत्र में मुख्यमंत्री से स्वयं चित्रकूट आकर मेडिकल कॉलेज का शिलान्यास करने की अपील की गई। युवाओं का कहना है कि जिले की बड़ी आबादी आज भी गंभीर इलाज के लिए प्रयागराज, कानपुर और लखनऊ जैसे शहरों पर निर्भर है। इससे मरीजों को समय और धन दोनों का भारी नुकसान होता है, और कई बार इलाज के अभाव में जान भी चली जाती है। प्रदर्शनकारियों ने बताया कि चित्रकूट जैसे धार्मिक और ऐतिहासिक जिले में अब तक मेडिकल कॉलेज का न होना दुर्भाग्यपूर्ण है। आए दिन दुर्घटनाओं, प्रसव और गंभीर बीमारियों के मरीजों को बाहर रेफर करना पड़ता है, जिससे स्थानीय स्तर पर उच्च स्तरीय इलाज नहीं मिल पाता। उन्होंने आरोप लगाया कि बार-बार ज्ञापन देने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई, जिसके कारण उन्हें यह प्रतीकात्मक कदम उठाना पड़ा। खून से लिखा गया पत्र प्रदर्शन के दौरान लोगों के आकर्षण का केंद्र रहा, जिसे युवाओं ने अपनी मजबूरी और पीड़ा का प्रतीक बताया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें जल्द नहीं मानी गईं, तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। इस मौके पर शिव शंकर पटेल, पुष्पेंद्र सिंह, नरेंद्र राव, आलोक सिंह, वेद, अभिषेक, विक्रम सिंह सहित कई युवा मौजूद थे। प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा, लेकिन इसका संदेश बेहद सख्त और गंभीर था।
मुजफ्फरपुर जिले में ब्रांडेड कंपनियों के नाम पर नकली खाद्य सामग्री बेचने वाले एक बड़े सिंडिकेट का भंडाफोड़ हुआ है। राजेपुर थाना क्षेत्र के फुलवरिया चौक पर पुलिस और टाटा कंपनी की सतर्कता टीम ने संयुक्त छापेमारी कर 3,000 से अधिक नकली नमक के पैकेट जब्त किए हैं। यह कार्रवाई टाटा कंज्यूमर प्रोडक्ट्स की लीगल सेल को मिली गुप्त सूचना के आधार पर की गई। कंपनी के सर्किल ऑफिसर अंजन कुमार के नेतृत्व में एक विशेष टीम फुलवरिया चौक पहुंची। टीम ने पहले ग्राहक बनकर कुछ स्थानीय दुकानों की जांच की। दुकानों पर बिक रहे नमक के पैकेटों की बारीकी से जांच करने पर नकली होने की पुष्टि हुई। नकली पैकेटों की पैकिंग और ब्रांडिंग असली टाटा नमक से इतनी मिलती-जुलती थी कि आम आदमी के लिए पहचान करना मुश्किल था। गोदाम से मिला नकली नमक का जखीरा बाजार में नकली नमक की पुष्टि होने के तुरंत बाद राजेपुर थानाध्यक्ष नीरज कुमार और मुन्ना यादव को मामले की जानकारी दी गई। पुलिस बल के सहयोग से टीम ने जगरनाथ चौधरी के गोदाम पर धावा बोला। वहां हजारों की संख्या में टाटा नमक के रैपर और तैयार पैकेट रखे हुए थे। पुलिस ने मौके से 3 हजार से अधिक पैकेट जब्त किए और गोदाम को सील कर दिया। सेहत के साथ बड़ा खिलवाड़ टाटा कंपनी के अधिकारी अंजन कुमार ने बताया कि यह गिरोह घटिया और साधारण नमक को ब्रांडेड पैकेट में भरकर ऊंचे दामों पर बेच रहा था। नकली नमक का सेवन जनता की सेहत के साथ सीधा खिलवाड़ है। इसमें आयोडीन की मात्रा और शुद्धता का कोई मानक नहीं होता, जो गंभीर बीमारियों का कारण बन सकता है। पुलिस की कार्रवाई और जांच जारी राजेपुर पुलिस के अनुसार, इस मामले में मुख्य आरोपी और गोदाम मालिक के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जा रही है। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि यह नकली नमक कहां से बनकर आता था। इसकी सप्लाई चेन कहां-कहां फैली हुई है। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि जिले में खाद्य सामग्री में मिलावट करने वाले किसी भी गिरोह को बख्शा नहीं जाएगा।
श्रावस्ती में 62वीं वाहिनी सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) ने मानव तस्करी के विरुद्ध बड़ी कार्रवाई की है। कमांडेंट अमरेन्द्र कुमार वरुण के निर्देशन में बीते 31 जनवरी 2026 को समवाय गुज्जरगौरी ने चार नाबालिग नेपाली लड़कियों को मुक्त कराया और दो भारतीय मानव तस्करों को गिरफ्तार किया। 62वीं वाहिनी की आसूचना शाखा को 31 जनवरी को विश्वसनीय सूचना मिली थी। इसमें बताया गया था कि दो भारतीय व्यक्ति मोटरसाइकिल से चार नेपाली नाबालिग लड़कियों को नेपाल से भारत की ओर मानव तस्करी और देह व्यापार के उद्देश्य से ले जा रहे हैं। सूचना मिलते ही समवाय गुज्जरगौरी और थाना सिरसिया, जनपद श्रावस्ती की पुलिस ने एक संयुक्त टीम गठित की। इस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए ग्राम भचकाई में घेराबंदी की और संदिग्ध व्यक्तियों को रोका। तलाशी के दौरान दोनों मानव तस्करों को पकड़ा गया और उनके कब्जे से चारों नाबालिग नेपाली लड़कियों को सुरक्षित मुक्त कराया गया। तस्करी में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिलें भी जब्त कर ली गईं। मुक्त कराई गई सभी नाबालिग नेपाली लड़कियों और गिरफ्तार आरोपियों को एनजीओ Dehat India की उपस्थिति में आवश्यक कानूनी कार्रवाई के लिए थाना सिरसिया को सौंप दिया गया है। इस कार्रवाई में 62वीं वाहिनी एसएसबी, उत्तर प्रदेश पुलिस और एनजीओ Dehat India के बीच उत्कृष्ट समन्वय देखने को मिला। एसएसबी अधिकारियों ने बताया कि मानव तस्करी के विरुद्ध ऐसी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
पश्चिम रेलवे द्वारा यात्रियों को टिकट लेकर सफर करने के लिए लगातार जागरूक किया जा रहा है। रविवार को चित्तौड़गढ़ रेलवे स्टेशन पर विशेष अभियान चलाया गया। इस दौरान रेलवे के अधिकारियों और कर्मचारियों ने स्टेशन पर मौजूद यात्रियों से सीधे बातचीत की और उन्हें टिकट लेकर यात्रा करने की बात कही। एआरओ रामेश्वर प्रसाद ने यात्रियों से बातचीत करते हुए कहा कि रेलवे यात्रा हमेशा टिकट लेकर ही करनी चाहिए। उन्होंने बताया कि बिना टिकट यात्रा करना न केवल गलत है, बल्कि इससे रेलवे को भी नुकसान होता है। 28 जनवरी से 6 फरवरी तक चल रहा विशेष अभियान रेलवे की कमर्शियल इंस्पेक्टर संजय पासी ने जानकारी दी कि यह जागरूकता अभियान 28 जनवरी से 6 फरवरी तक चलाया जा रहा है। अभियान के तहत स्टेशन परिसर में जगह-जगह स्टैंडिस लगाए गए हैं, ताकि यात्रियों को स्टेशन में एंट्री करते ही इसकी जानकारी मिल सके। यात्रियों को सरल शब्दों में समझाया जा रहा है कि टिकट लेकर यात्रा करना उनकी जिम्मेदारी है। उन्होंने बताया कि टिकट खरीदने से जो पैसा रेलवे को मिलता है, वह देश के विकास कामों में लगाया जाता है। इस तरह हर यात्री टिकट लेकर यात्रा कर देश के विकास में अपनी भागीदारी निभाता है। Railone ऐप की दी जा रही जानकारी अभियान के दौरान यात्रियों को Railone ऐप के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी गई। संजय पासी ने बताया कि यह ऐप पश्चिम रेलवे के सभी स्टेशनों पर लॉन्च किया जा चुका है। इस ऐप के जरिए रिजर्वेशन टिकट, अनरिजर्व्ड टिकट और सीजन टिकट आसानी से बुक किए जा सकते हैं। इसके साथ ही आर-वॉलेट की सुविधा भी मिलती है। ऐप से टिकट बुक करने पर यात्रियों को तीन प्रतिशत कैशबैक का लाभ भी दिया जा रहा है, जिससे डिजिटल टिकटिंग को बढ़ावा मिल रहा है। तत्काल टिकट में भी Railone ऐप की सुविधा Railone ऐप की खास बात यह है कि इससे तत्काल टिकट की बुकिंग सुबह 10 बजे से ही शुरू हो जाती है, जबकि आईआरसीटीसी ऐप से आम यात्रियों के लिए बुकिंग 10:20 बजे शुरू होती है। इससे यात्रियों को टिकट मिलने की संभावना अधिक रहती है। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि पिछले महीने चित्तौड़गढ़ स्टेशन से कुल टिकट बुकिंग में करीब 15 प्रतिशत टिकट डिजिटल माध्यम से बुक किए गए, जो डिजिटलाइजेशन की दिशा में एक सकारात्मक संकेत है। रेलवे, पुलिस और समाजसेवियों की रही मौजूदगी इस जागरूकता अभियान के दौरान स्टेशन मास्टर सी.एल. मीणा, सीबीएस एस.एन. शर्मा, जीआरपी से एएसआई गिरधारी लाल, आरपीएफ से सब-इंस्पेक्टर दिनेश चंद्र मीणा मौजूद रहे। इसके साथ ही पूज्य सिंधी पंचायत के अध्यक्ष और समाजसेवी कमलेश खटवानी तथा प्रदीप जोशी भी अभियान में शामिल हुए। सभी ने मिलकर यात्रियों को टिकट लेकर यात्रा करने और डिजिटल प्लेटफॉर्म अपनाने के लिए प्रेरित किया। यात्रियों ने भी जताई जागरूकता अभियान के दौरान यात्रियों ने भी अपने विचार साझा किए। जयपुर से सांवलिया जी दर्शन के लिए आई 28 वर्षीय सुमन शर्मा ने बताया कि उनकी बहन रेलवे में कार्यरत है, इसलिए वह हमेशा टिकट लेकर ही यात्रा करती हैं। उन्होंने कहा कि वह अपने आसपास के लोगों को भी टिकट लेकर यात्रा करने के लिए जागरूक करती हैं। वहीं, हरियाणा से आए सरपंच राकेश बादु (35) ने बताया कि वह हमेशा टिकट लेकर यात्रा करते हैं, लेकिन आज उन्हें Railone ऐप के बारे में जानकारी मिली। उन्होंने कहा कि उन्होंने ऐप डाउनलोड कर लिया है और आगे भी इसका उपयोग करेंगे।
10 फरवरी से कक्षा 12वीं और 13 फरवरी से कक्षा 10वीं की बोर्ड परीक्षाएं शुरू होने जा रही हैं। जैसे-जैसे एग्जाम नजदीक आ रहे हैं, छात्र घंटों एक ही जगह बैठकर पढ़ाई कर रहे हैं। कम समय में ज्यादा सिलेबस पूरा करने की दौड़ में बच्चे अपनी सेहत को नजरअंदाज कर रहे हैं। इसका असर अब उनके शरीर पर साफ दिखाई देने लगा है। फिजियोथेरेपी एक्सपर्ट्स के मुताबिक अब बच्चों में फिजिकल एक्टिविटी ना के बराबर रह गई है। जिससे जब वे लगातार 3 से 4 घंटे बिना ब्रेक पढ़ते हैं तो से उनमें गर्दन और कंधों में दर्द, हाथों में झुनझुनी, सुन्नपन और कभी-कभी उल्टी जैसा मन होने की शिकायतें होने लगती है। ऐसा इसलिए है क्योंकि उनकी बॉडी स्ट्रेस को हैंडल नहीं कर पाती है। फिजियोथेरेपी सेंटर्स में 13 से 17 साल की उम्र के बच्चों की संख्या 30 प्रतिशत तक बढ़ चुकी है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि एग्जाम के बिल्कुल नजदीक यह संख्या कई गुना तक बढ़ जाती है। एक ही सिटिंग बन रही समस्या की जड़ फिजियोथैरेपिस्ट डॉ. सुनील पाण्डेय बताते हैं कि बच्चे एक ही मुद्रा में घंटों बैठकर पढ़ते हैं। गर्दन झुकी रहती है, कंधे सख्त हो जाते हैं और पीठ को सही सपोर्ट नहीं मिलता। इससे मांसपेशियों में खिंचाव बढ़ता है और ब्लड सर्कुलेशन भी प्रभावित होता है। यही कारण है कि पढ़ाई के दौरान या बाद में दर्द और सुन्नपन की शिकायतें सामने आ रही हैं। गर्दन दर्द ने बढ़ाई परेशानी कक्षा 12वीं की एक छात्रा को करीब एक हफ्ते से गर्दन में तेज दर्द बना हुआ था। शुरुआत में परिजनों ने इसे मामूली समझा, लेकिन दर्द बढ़ने पर ऑर्थोपेडिक डॉक्टर को दिखाया गया। जांच के बाद फिजियोथेरेपी की सलाह दी गई। थेरेपी के दौरान छात्रा को बताया गया कि एक साथ लंबे समय तक न बैठें, हर 40 मिनट में ब्रेक लें और गर्दन-कंधों की हल्की एक्सरसाइज जरूर करें। हाथों में सुन्नपन का कारण कक्षा 11वीं के एक छात्र को गर्दन दर्द के साथ दोनों हाथों में सुन्नपन महसूस होने लगा। फिजियोथेरेपिस्ट ने बताया कि लगातार बैठे रहने से शरीर में ब्लड फ्लो सही नहीं हो पा रहा था। उसे पढ़ाई के बीच हल्की फिजिकल एक्टिविटी और स्ट्रेचिंग करने की सलाह दी गई। एग्जाम के समय खेलकूद बंद न करें डॉ. पाण्डेय का कहना है कि एग्जाम पास आते ही बच्चे खेलकूद पूरी तरह बंद कर देते हैं। यह सबसे बड़ी गलती है। रोजाना 20 से 30 मिनट की हल्की एक्सरसाइज या वॉक जरूरी है। इससे शरीर एक्टिव रहता है और दिमाग भी बेहतर तरीके से पढ़ाई कर पाता है। अपनाएं यह आसान नियम लक्षण दिखें तो तुरंत ध्यान दें एग्जाम के दिनों में क्या करें, क्या न करें पढ़ाई के लिए सही माहौल जरूरी एक्सपर्ट्स के अनुसार पढ़ाई हमेशा शांत और एकांत जगह पर करनी चाहिए, जहां शोर न हो। इससे कंसंट्रेशन बेहतर होता है और कम समय में ज्यादा चीजें याद रहती हैं। हर 1.5 घंटे में 5 से 10 मिनट का ब्रेक लें, कमरे से बाहर जाएं और परिवार से हल्की बातचीत करें।
प्रतापगढ़ में संत रविदास जयंती मनाई:मेघवाल समाज ने निकाली शोभायात्रा, जगह-जगह हुआ भव्य स्वागत
प्रतापगढ़ में संत रविदास जयंती के अवसर पर मेघवाल समाज ने भव्य शोभायात्रा निकाली। ये शोभायात्रा आबकारी रोड स्थित लालबाई फूलबाई मंदिर से दोपहर को शुरू हुई, जिसमें बड़ी संख्या में समाज के लोग एकत्रित हुए। शोभायात्रा में दो युवक घोड़ों पर सवार होकर धर्म की पताका लिए चल रहे थे। उनके पीछे बैंड-बाजे की धुन पर महिलाएं, युवक और युवतियां नृत्य करती हुई दिखाई दीं। एक खुली जीप में संत रविदास की तस्वीर को आकर्षक फूलों से सजाया गया था। शहर भर में व्यापारियों और गणमान्य लोगों ने शोभायात्रा का गर्मजोशी से स्वागत किया। कई स्थानों पर पुष्प वर्षा कर श्रद्धालुओं का अभिनंदन किया गया। समाज के रामचंद्र मेघवाल ने बताया कि शोभायात्रा शहर के सदर बाजार, गोपालगंज, लोहार गली और गांधी चौराहा होते हुए पुनः आबकारी रोड स्थित लालबाई फूलबाई मंदिर पहुंची। शोभायात्रा के बाद हाई स्कूल में एक सामाजिक कार्यक्रम हुआ। इस कार्यक्रम में शैक्षणिक सत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्रों को सम्मानित किया गया। साथ ही, अन्य जिलों से आए समाज के अध्यक्षों का भी पदाधिकारियों द्वारा पुष्पमाला और उपेरना ओढ़ाकर स्वागत किया गया। शोभायात्रा में आसपास के गांवों से भी मेघवाल समाज के बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।
उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य रविवार को प्रयागराज एयरपोर्ट से कौशांबी पहुंचे। उन्होंने यहां प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना के तहत निर्मित कॉमन इन्क्यूबेशन सेंटर का उद्घाटन किया। डिप्टी सीएम ने मंझनपुर स्थित जिला उद्यान कार्यालय परिसर में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ इस सेंटर का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने नई मशीनों के संबंध में कर्मचारियों से जानकारी भी ली। इसके बाद, डिप्टी सीएम ने मंझनपुर के ब्लॉक परिसर में सरस हाट का भी उद्घाटन किया और स्वयं सहायता समूहों को दुकानों का आवंटन किया। उन्होंने डायट मैदान, मंझनपुर में स्वयं सहायता समूहों के स्टालों का अवलोकन किया। मौर्य ने खाद्य प्रसंस्करण उद्योग नीति-2023, पीएमएफएमई के उद्यमियों, डीआरपी और उद्यमी मित्रों को प्रशस्ति पत्र भी वितरित किए। इस कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर कौशांबी के जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक सहित पूरा प्रशासनिक अमला मौजूद रहा
हरियाणा पुलिस अकादमी मधुबन परिसर में हरियाणा राज्य प्रवर्तन ब्यूरो की करनाल और रोहतक रेंज के जांच अधिकारियों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में कानून व्यवस्था, अवैध गतिविधियों पर नियंत्रण, विभागीय समन्वय और पुलिसकर्मियों के कल्याण से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई। अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि अभियान चलाकर अवैध माइनिंग, अवैध शराब की बिक्री और बिजली चोरी पर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि ईमानदार उपभोक्ताओं और आम नागरिकों के साथ न्याय हो सके। अवैध गतिविधियों पर अभियान चलाने के निर्देश बैठक की अध्यक्षता करते हुए अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक नवदीप सिंह विर्क ने कहा कि अवैध माइनिंग और अवैध शराब की बिक्री की रोकथाम सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने बिजली चोरी पर सख्ती का निर्देश देते हुए कहा कि नियमित कार्रवाई से ही उन उपभोक्ताओं के साथ न्याय होगा जो बिजली खरीदकर उपयोग कर रहे हैं। उन्होंने खनिज विभाग के अधिकारियों के साथ समय-समय पर रेत स्टॉक की जांच करने और टाऊन एण्ड कंट्री प्लानिंग विभाग के साथ बेहतर समन्वय बनाकर कम समय में अनुसंधान कार्यों के निपटान पर जोर दिया। एडीजीपी ने सभी कर्मचारियों को कर्तव्यपरायणता, ईमानदारी और पारदर्शिता को कार्य संस्कृति का अनिवार्य हिस्सा बनाने की सख्त हिदायत दी। विभागीय समन्वय से समस्याओं का समाधान बैठक में यह भी तय किया गया कि टाऊन एण्ड कंट्री प्लानिंग, बिजली विभाग, सिंचाई विभाग, खनिज विभाग, आबकारी विभाग और परिवहन विभाग के अधिकारियों के साथ नियमित बैठकें आयोजित की जाएंगी, ताकि आपसी समन्वय से समस्याओं का त्वरित समाधान हो सके और अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सके। पुलिसकर्मियों के कल्याण की पहल एडीजीपी नवदीप सिंह विर्क ने बताया कि हाल ही में सभी ब्यूरो के पुलिसकर्मियों के लिए मानसिक चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया था। इसके फीडबैक के आधार पर नियमित हेल्थ चेकअप सहित कई कल्याणकारी योजनाएं तैयार की जा रही हैं। जिन पुलिसकर्मियों के माता-पिता या पारिवारिक सदस्यों की देखभाल आवश्यक है, उन्हें गृह जनपद के नजदीकी जिलों में तैनाती दी जाएगी। बेहतर कार्य करने वाले आईओ और थाना प्रबंधकों को अधिक जिम्मेदारी दी जाएगी, जबकि कार्य में पारदर्शिता और गुणवत्ता न होने पर समीक्षा कर उन्हें संबंधित जिलों में वापस भेजा जाएगा। ड्यूटी के दौरान पारिवारिक जिम्मेदारियों के लिए अवकाश प्रक्रिया को भी सरल बनाया गया है। नए थानों में आधुनिक फर्नीचर, कंप्यूटर और अन्य कार्यालयी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इन जिलों के अधिकारी रहे मौजूद हरियाणा पुलिस अकादमी करनाल में आयोजित बैठक में उप पुलिस अधीक्षक सुंदर सिंह और प्रवीण कुमार सहित करनाल, पानीपत, सोनीपत, झज्जर, रोहतक, भिवानी, कैथल और चरखीदादरी के थाना प्रबंधकों, अतिरिक्त थाना प्रबंधकों और सभी जांच अधिकारियों ने भाग लिया और अपने अनुभव व सुझाव साझा किए।
मुजफ्फरपुर जिले के प्रभारी मंत्री और डिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा ने केंद्रीय बजट की सराहना की है। बजट को 'ऐतिहासिक और समावेशी' बताया। उन्होंने इसे केवल आंकड़ों का लेखा-जोखा नहीं, बल्कि बिहार के विकास और सुशासन की दिशा में एक महत्वपूर्ण 'मील का पत्थर' बताया। डिप्टी सीएम ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में प्रस्तुत यह बजट 'विकसित भारत' के संकल्प को पूरा करेगा और 'विकसित बिहार' की नींव को मजबूत करेगा। यह बजट गरीबों के उत्थान और कल्याण को समर्पित है। सरकार की नई योजनाओं से किसानों की आय दोगुनी करने का लक्ष्य प्राप्त होगा। यह बजट अन्नदाताओं के जीवन में खुशहाली लाएगा और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति प्रदान करेगा। युवाओं को फायदा होगा डिप्टी सीएम ने महिला सशक्तिकरण का भी उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि बजट में महिलाओं की आत्मनिर्भरता और सुरक्षा के लिए विशेष प्रावधान हैं, जो उनकी उम्मीदों पर खरे उतरेंगे। इसके अतिरिक्त, यह बजट युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर पैदा करेगा, जिससे बिहार के नौजवानों को लाभ मिलेगा। विजय कुमार सिन्हा ने बिहार को मिलने वाली विशेष मदद और बुनियादी ढांचे के विकास पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि यह बजट पूरी तरह संतुलित है और बिहार में बुनियादी ढांचे, स्वास्थ्य तथा शिक्षा के क्षेत्र में होने वाला निवेश सुशासन में समृद्धि लाएगा।
घाटमपुर में ट्रेन से कटकर युवक ने दी जान:हाथ में लिखा मोबाइल नंबर, परिजन बोले- मानसिक तनाव में था
कानपुर के घाटमपुर क्षेत्र में शनिवार देर रात एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। कानपुर–बांदा रेलवे ट्रैक पर युवक का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। घटना की सूचना मिलने पर जीआरपी ने घाटमपुर पुलिस को जानकारी दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और परिजनों को सूचना दी। हाथ पर लिखा मिला मोबाइल नंबर, पहचान हुईमृतक की पहचान फतेहपुर जिले के जहानाबाद थाना क्षेत्र के औरंगाबाद कोड़ा निवासी 42 वर्षीय मोहम्मद इमरान के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार युवक के हाथ पर मोबाइल नंबर लिखा हुआ था, जिसके जरिए उसकी पहचान कर परिजनों से संपर्क किया गया। ट्रेन चालक ने घटना की जानकारी स्टेशन मास्टर को दी थी, जिसके बाद पुलिस सक्रिय हुई। मानसिक रूप से परेशान होने की बात आई सामनेपरिजनों ने पुलिस को बताया कि मोहम्मद इमरान बीते कुछ दिनों से मानसिक रूप से परेशान चल रहे थे और उनका इलाज भी कराया जा रहा था। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और सभी पहलुओं को ध्यान में रखा जा रहा है। इंस्पेक्टर बोले- रिपोर्ट के आधार पर होगी कार्रवाईघाटमपुर इंस्पेक्टर दिनेश सिंह बिष्ट ने बताया कि परिजनों को सूचना देकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
करनाल जिला इन्द्री थाना क्षेत्र के एक गांव में रास्ता रोककर मारपीट, गाली-गलौज, जान से मारने की धमकी देने और घर पर पथराव का मामला सामने आया है। आरोप है कि पुरानी रंजिश के चलते पहले उसके बेटे के साथ मारपीट की गई और शिकायत देने से नाराज होकर अगले दिन उसे भी घेरकर पीटा गया। मामले में कई नामजद और कुछ अज्ञात युवकों के खिलाफ केस दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। रास्ते में रोका, थप्पड़-मुक्कों से पीटागांव कमालपुर रोड़ान निवासी मलखान ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि दो दिन पहले वह किसी काम से गांव संगोहा गया था। दोपहर करीब 2 से 3 बजे के बीच जब वह वापस लौट रहा था और अपने गांव के रास्ते में सरदारों के डेरे के पास पहुंचा, तो आदि, धोनी, संजय नम्बरदार, रविन्द्र और चार अन्य युवक वहां खड़े मिले। वह मोटरसाइकिल पर था। आरोपियों ने बाइक के आगे आकर उसे रुकवाया और कहा कि उनके खिलाफ मारपीट की शिकायत क्यों दी। इसके बाद आरोपियों ने उस पर थप्पड़-मुक्कों से हमला कर दिया। किसी तरह बचकर भागा, एक आरोपी पकड़ा गयापीड़ित के अनुसार वह किसी तरह जान बचाकर गांव की ओर भागा। इससे पहले उसने घर फोन कर दिया था। घरवाले मौके पर पहुंचे तो आरोपियों ने भागने की कोशिश की। इस दौरान एक आरोपी मोटरसाइकिल से गिर गया, जिसे ग्रामीणों ने पकड़ लिया। डायल 112 पर सूचना देकर आरोपी को पुलिस के हवाले कर दिया गया। मौके पर 20 से 30 ग्रामीण मौजूद थे। आरोप है कि इसी दौरान संजय नम्बरदार ने खुलेआम धमकी दी और पीड़ित की पत्नी को लेकर आपत्तिजनक बातें कहीं। फोन पर धमकी, घर पर पथराव और दोबारा डरायाशिकायत के मुताबिक जब पीड़ित आरोपी को लेकर थाने पहुंचा, तो धोनी और आदि ने फोन कर जान से मारने की धमकी दी। कुछ देर बाद दोनों उसके घर पहुंचे और ईंट-पत्थर फेंके, गेट पर लाठी-डंडे मारे। उसी दिन रात करीब 9:25 बजे दोनों फिर लाठी लेकर घर के सामने आए, गालियां दीं और जान से मारने की धमकी देकर चले गए। पीड़ित ने सरपंच जोनी शर्मा को फोन किया, जिन्होंने बताया कि उन्होंने आरोपियों को गाली देकर भागते हुए देखा है। एक दिन पहले बेटे से हुई थी मारपीटपीड़ित ने बताया कि वारदात से पहली रात आदि और धोनी ने उसके बेटे सनम कुमार के साथ मारपीट की थी। उस समय वह घर पर नहीं था। उसकी पत्नी ने बेटे का मेडिकल करवाया और इंद्री थाना में शिकायत दी। इसी शिकायत से आरोपी भड़क गए और अगले दिन वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने 31 जनवरी की रात को आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
2 फरवरी से कटिहार में अग्निवीर भर्ती रैली:बिहार के 12 जिलों के 6000 युवा 13 फरवरी तक होंगे शामिल
कटिहार में अग्निवीर भर्ती रैली का आयोजन 2 फरवरी 2026 से 13 फरवरी 2026 तक गढ़वाल ग्राउंड, सिरसा मिलिट्री स्टेशन में किया जाएगा। इस भर्ती रैली का आयोजन आर्मी रिक्रूटिंग ऑफिस, कटिहार द्वारा किया जा रहा है, जिसमें बिहार के 12 जिलों से शॉर्टलिस्ट किए गए लगभग 6000 पुरुष अभ्यर्थी भाग लेंगे। पहले दिन भागलपुर और बेगूसराय जिले के अभ्यर्थियों की बहाली प्रक्रिया भर्ती रैली के पहले दिन भागलपुर और बेगूसराय जिले के अभ्यर्थियों की बहाली प्रक्रिया संपन्न होगी। यह भर्ती अग्निपथ योजना के तहत की जा रही है, जिसमें ऑनलाइन पंजीकरण और कॉमन एंट्रेंस एग्जाम (CEE) को चयन प्रक्रिया की पहली सीढ़ी बनाया गया है। सेना भर्ती अधिकारियों के अनुसार, ऑनलाइन CEE को युवाओं से बेहतर प्रतिक्रिया मिली है। CEE में सफल अभ्यर्थियों को आगे शारीरिक दक्षता परीक्षा, शारीरिक माप परीक्षण और मेडिकल जांच से गुजरना होगा। इन सभी चरणों को सफलतापूर्वक पूरा करने वाले अभ्यर्थियों का अंतिम चयन किया जाएगा। सफल आयोजन के लिए व्यापक तैयारियां सेना भर्ती कार्यालय कटिहार ने रैली के सफल आयोजन के लिए व्यापक तैयारियां की हैं। जिला प्रशासन और स्थानीय सैन्य प्राधिकरण के सहयोग से कानून-व्यवस्था, सुरक्षा, प्राथमिक चिकित्सा तथा आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं की समुचित व्यवस्था की गई है। मौसम को देखते हुए ठंड और संभावित बारिश से बचाव के भी पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। सेना अधिकारियों ने अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे अनुशासन बनाए रखें और किसी भी प्रकार के दलाल या एजेंट के झांसे में न आएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि पूरी भर्ती प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी है। अधिकारियों ने बताया कि अग्निपथ योजना युवाओं को सेना में सेवा का अवसर देने के साथ-साथ उन्हें अनुशासित, कुशल और जिम्मेदार नागरिक के रूप में समाज को लौटाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ के संजय कॉम्पलेक्स में नगर निगम की टीम अतिक्रमण हटाने पहुंची। जहां बंद दुकानों में लगे तिरपालों को फाड़ दिया गया। जिसका व्यवसायियों ने खुलकर विरोध किया और निगम की इस कार्रवाई को गलत बताया। हर माह के 1 तारीख को संजय कॉम्पलेक्स दैनिक सब्जी मंडी में नगर निगम द्वारा साफ-सफाई अभियान चलाया जाता है। ऐसे में रविवार की सुबह निगम का अमला यहां अतिक्रमण हटाने पहुंच गया। सब्जी दुकानें बंद पड़ी थी और निगम अमला ने बंद दुकानों के तिरपाल को फाड़ना शुरू कर दिया। एक-एक कर कई दुकानों के तिरपाल को चाकू और हाथ से खींच कर फाड़ दिया। जब इसकी जानकारी व्यवसायियों को लगी। तब उन्होंने इसकी सूचना मंडी अध्यक्ष को दी। इसके बाद मंडी अध्यक्ष समेत सब्जी व्यवसायी मौके पर पहुंचे और इसका विरोध करना शुरू कर दिया। यही नहीं सब्जी व्यवसायियों ने इस कार्रवाई को गलत बताया। कुछ दिन पहले शिकायत की थीसब्जी व्यवसायियों ने बताया कि संजय कॉम्पलेक्स में पक्की दुकानों के व्यवसायियों द्वारा कई तरह से अतिक्रमण किया गया है। जिसकी शिकायत कुछ दिन पहले की गई थी। ताकि सब्जी मंडी से अतिक्रमण हट जाए। ऐसे में निगम द्वारा एक दिन पहले यहां अतिक्रमण को लेकर कार्रवाई करने मुनादी कराई थी, लेकिन बड़े व्यवसायियों को छोड़कर छोटे व्यवसायियों के तिरपाल को फाड़कर कार्रवाई की गई। जिसका व्यवसायियों ने विरोध जताया। तिरपाल धूप से बचने के लिए लगाते हैंसंजय कॉम्पलेक्स सब्जी मंडी अध्यक्ष कुलदीप नरसिंग ने बताया कि गोपी गारमेट्स रोड वाली पक्के की जो दुकाने हैं उसमें एक ओर नाली में बैठा गया है रोड पर दुकान बना लिया गया है। इसके कार्रवाई के लिए मंडी के सदस्य आयुक्त के पास गए थे। ताकि अतिक्रमण हट सके। निगम द्वारा कार्रवाई करने उन व्यवसायियों को नोटिस दी गई थी। तब हम सहमत थे, लेकिन नोटिस पक्के दुकानों को दी गई और कार्रवाई उन व्यवसायियों पर किया गया, जिन्हें नोटिस दिया ही नहीं गया था। बंद दुकानों के तिरपाल को चाकू से फाड़ा गया। तिरपाल धूप से बचने के लिए लगाते हैं अतिक्रमण करने के लिए नहीं। महापौर को इसके बारे में जानकारी देने पर उन्होंने भी स्पष्ट कुछ भी करने से मना कर दिया। सूचना देने के बाद कार्रवाई की गईइस संबंध में निगम के सब इंजिनियर सूरज देवांगन ने बताया कि हर माह की 1 तारीख को संजय कॉम्पलेक्स में साफ-सफाई किया जाता है। आज इसी के तहत यहां से नालियों के उपर रखे स्लैब को हटाकर सफाई की गई। साथ ही जो तखत रखे गए थे उन्हें हटाया गया। तिरपाल के कारण आने-जाने में परेशानी होती है, उस वजह से उसे भी हटाकर रोड क्लियर किया गया है। यह कार्रवाई इसलिए की गई कि अगर को अग्नि संबंधी कोई घटना होती है तो वाहन नहीं जा पाता है। पूरी सूचना देने के बाद ही कार्रवाई की गई है।
करौली में शिवरात्रि पशु मेले का हुआ आगाज:विधायक और एडीएम ने ऊंट सफारी शुरू करने का दिया सुझाव
करौली में राज्य के 10 बड़े पशु मेलों में से एक रियासतकालीन शिवरात्रि पशु मेले का विधिवत उद्घाटन हो गया है। यह मेला 8 फरवरी तक चलेगा।मेले का उद्घाटन करौली विधायक दर्शन सिंह गुर्जर, एडीएम हेमराज परिड़वाल, अतिरिक्त निदेशक पशुपालन विभाग डॉ. खुशीराम और संयुक्त निदेशक गंगासहाय मीणा ने मंत्रोच्चार, पूजा और ध्वजारोहण के साथ किया। इस अवसर पर पशुपालन विभाग के अधिकारी और गणमान्य लोग बड़ी संख्या में मौजूद रहे। हालांकि, बीते कुछ सालों में पशु मेले की रौनक में कमी आई है और लगातार पशुपालकों की संख्या घटी है, जिससे मेला समय से पहले ही समाप्त होने लगा है। एडीएम परिड़वाल और विधायक गुर्जर ने मेले में आने वाले पशुओं की संख्या बढ़ाने पर जोर दिया। उन्होंने करौली में ऊंट सफारी शुरू करने और अन्य उपयोगी पशुओं की संख्या बढ़ाने का सुझाव दिया। कई राज्यों से पशुपालक पहुंचते है मेले मेंगौरतलब है कि करौली में शिवरात्रि पशु मेले का आयोजन पशुपालन विभाग द्वारा वर्ष 1964 से लगातार किया जा रहा है। पहले यह मेला मुख्य रूप से गोवंश, विशेषकर बैलों के लिए आयोजित होता था। राजस्थान, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश सहित कई राज्यों से पशुपालक यहां पहुंचते थे। अब समय के साथ गोवंश और बैलों की संख्या नगण्य हो गई है, और मेले में सर्वाधिक संख्या में ऊंट पहुंचते हैं। मशीनीकरण, बढ़ते नियम-कायदों और आधुनिकीकरण का प्रभाव मेले पर पड़ा है। यह मेला, जो कभी गोवंश के व्यापार के लिए जाना जाता था, अब अपनी पहचान खोने लगा है और इसमें ऊंट, भैंस और बकरियां अधिक संख्या में पहुंच रही हैं। पशुपालन विभाग मेले में पशुओं के लिए चारा, पानी और चिकित्सा सहित अन्य व्यवस्थाएं करता है।विधायक दर्शन सिंह गुर्जर ने कहा कि मेले के आयोजन से सामाजिक सौहार्द और मेलजोल बढ़ता है, जिससे समाज में एकता आती है और रोजगार के अवसर भी बढ़ते हैं।
बागपत के छपरौली में पुत्र प्राप्ति की मन्नत पूरी होने पर एक पिता ने अपने चार माह के बेटे का तुलादान किया। इस अनोखे आयोजन में पिता ने बेटे के वजन के बराबर राशि मंदिर निर्माण के लिए दान की। कस्बे की पट्टी धंधान निवासी अक्षय उर्फ टिंकू और उनकी पत्नी सोनम ने पुत्र प्राप्ति के लिए संत शिरोमणि रविदास मंदिर में मन्नत मांगी थी। उन्होंने संकल्प लिया था कि बेटा होने पर उसके वजन के बराबर राशि मंदिर निर्माण में दान करेंगे। रविवार को अक्षय अपनी पत्नी सोनम और पिता सहदेव के साथ चार माह के बेटे रोहित को लेकर मंदिर पहुंचे। मंदिर परिसर में फूलों से सजा एक तराजू लगाया गया। एक पलड़े पर मासूम रोहित को बिठाया गया, जबकि दूसरे पलड़े में दस-दस रुपये के सिक्के पॉलिथीन में भरकर रखे गए। जैसे-जैसे सिक्के बढ़ते गए, वहां मौजूद लोगों की भीड़ और उत्सुकता भी बढ़ती गई। तौल पूरी होने पर मासूम का वजन करीब छह किलो निकला। इस वजन के हिसाब से लगभग दस हजार रुपये की राशि तौली गई, जिसे अक्षय उर्फ टिंकू ने बिना किसी हिचक के संत रविदास मंदिर निर्माण के लिए दान कर दिया। मंदिर में मौजूद पंडित राजीव शर्मा ने बताया कि हिंदू धर्म में तुलादान की परंपरा प्राचीन है। उन्होंने कहा कि मन्नत पूरी होने, स्वास्थ्य लाभ या ग्रह दोष शांति के लिए लोग इस तरह का दान करते हैं। इस आयोजन से समाज में आस्था और दान की भावना को बल मिलता है। इस अनोखे दान की चर्चा अब पूरे छपरौली में है। लोग इसे आस्था की मिसाल बता रहे हैं और मासूम के तराजू पर बैठने वाले दृश्य को अविस्मरणीय पल कह रहे हैं।
देवरिया में हृदय स्वास्थ्य पर सेमिनार आयोजित:विशेषज्ञों ने स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की सलाह दी
देवरिया में शहर के एक रेस्टोरेंट में हृदय संबंधी बीमारियों पर एक जागरूकता सेमिनार आयोजित किया गया। इसमें वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. धनंजय कुमार मिश्रा ने लोगों को हृदय स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहने और नियमित व्यायाम व संतुलित जीवनशैली अपनाने की सलाह दी। डॉ. मिश्रा ने बताया कि कार्डियो गतिविधियाँ हृदय, फेफड़ों और रक्त वाहिकाओं को सक्रिय रखती हैं, जिससे शरीर को पर्याप्त ऑक्सीजन मिलती है और हृदय मजबूत बनता है। उन्होंने तेज चलना, दौड़ना, साइकिल चलाना, तैराकी, नृत्य, रस्सी कूदना, हाई-इंटेंस फिटनेस ट्रेनिंग (HIIT) और विभिन्न खेलों को सर्वोत्तम कार्डियो गतिविधियों में शामिल करने की सलाह दी।उन्होंने सुझाव दिया कि प्रत्येक व्यक्ति को सप्ताह में 150 से 300 मिनट मध्यम स्तर का कार्डियो व्यायाम या 75 से 150 मिनट तीव्र कार्डियो व्यायाम करना चाहिए। उदाहरण के लिए, सप्ताह में पांच दिन 30 मिनट तेज चलना भी पर्याप्त लाभ प्रदान करता है। सेमिनार में व्यायाम के लाभों पर प्रकाश डालते हुए बताया गया कि नियमित कार्डियो से हृदय मजबूत होता है, सहनशक्ति और ऊर्जा बढ़ती है, वजन नियंत्रित रहता है। साथ ही, हृदय रोग, मधुमेह और उच्च रक्तचाप का खतरा कम होता है। यह मनोदशा में सुधार और तनाव में कमी लाने में भी सहायक है।स्वस्थ जीवनशैली पर जोर देते हुए विशेषज्ञों ने पोषण, नींद और दैनिक आदतों पर भी चर्चा की। उन्होंने फल, सब्जियां, साबुत अनाज, मेवे और दालों का सेवन बढ़ाने, तले-भुने व प्रसंस्कृत खाद्य पदार्थों से दूरी बनाने, पर्याप्त पानी पीने तथा प्रतिदिन 7 से 9 घंटे की नींद लेने की सलाह दी।इसके अतिरिक्त, धूम्रपान से बचने, शराब का सीमित सेवन करने और तनाव प्रबंधन के लिए ध्यान व गहरी सांस लेने जैसी गतिविधियों को अपनाने पर बल दिया गया। आरोग्य भारती के प्रांतीय उपाध्यक्ष डॉ. अजीत नारायण मिश्र ने कहा कि सेमिनार में दी गई जानकारियों को अपनी दिनचर्या में शामिल करना ही वास्तविक लाभ देगा।इस अवसर पर इस अवसर पर अमरनाथ पांडे, पूजा पांडे, अंजली कुमारी,डॉ बी के मिश्र , डॉ जे एन पाण्डेय , डॉ मधुसूदन मिश्रा ,डॉक्टर जनार्दन त्रिपाठी, डॉ जनार्दन मणि त्रिपाठी,डॉ पी बरनवाल ,डॉक्टर एसके अग्रवाल ,डॉक्टर डीके पांडे, डॉ एस एन मणि त्रिपाठी,फिजियोथैरेपिस्ट, डॉ ए,एम त्रिपाठी आदि उपस्थित रहे l
लखनऊ के आलमबाग इलाके में मनचाहा गाड़ी नंबर दिलाने के नाम पर 4.50 लाख रुपए की ठगी कर ली। आरोप है कि एक युवक ने घर आकर रुपए लेकर पंजाब के फरीदकोट से फर्जी रजिस्ट्रेशन कराकर मोटरसाइकिल की आरसी थमा दी। 10 साल फर्जी आरसी पर बाइक चलाने के बाद जब वह बाइक बेचने गए तब ठगी का पता चला। पीड़ित ने कृष्ण नगर थाने में मुकदमा दर्ज कराया। आलमबाग के आजाद नगर गोपालपुरी निवासी इदरीश सिद्दीकीइदरीश सिद्दीकी ने बताया कि उन्होंने 27 फरवरी 2015 को गुड़गांव स्थित टेक्नो ऑटोमोबाइल प्राइवेट लिमिटेड से इंडियन चीफ विंटेज मोटरसाइकिल खरीदी थी। सभी कागज और टेम्परेरी रजिस्ट्रेशन के बाद वह बाइक घर ले आए। मनचाहा नंबर लेने की इच्छा में उन्होंने राहिल नामक युवक से संपर्क किया। आरोप है कि राहिल ने घर आकर मनचाहा नंबर और स्टेशन फीस के नाम पर 4.50 लाख रुपये ले लिए और फरीदकोट (पंजाब) से वाहन संख्या PB-04-AZ-4000 का रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट उपलब्ध कराया। इसके बाद पीड़ित बाइक चलाता रहा। कुछ समय पहले जब पीड़ित ने बाइक बेचने का प्रयास किया तो खरीदार ने कागज चेक करने के दौरान आरसी को फर्जी बताते हुए बाइक लेने से इनकार कर दिया। जांच में सामने आया कि गाड़ी संख्या कहीं दर्ज ही नहीं है। पीड़ित का आरोप है कि जब इस बारे में राहिल से संपर्क किया गया तो पहले वह टालमटोल करता रहा। इसके बाद उसने स्वीकार किया कि कागजात फर्जी हैं और लखनऊ से दोबारा रजिस्ट्रेशन कराने की बात कही। इसके अब तक न तो वैध दस्तावेज मिले और न ही रुपये लौटाए गए।आरोप है कि राहिल ने कूटरचित सरकारी दस्तावेज तैयार कर धोखाधड़ी की। मामले में इंस्पेक्टर कृष्णानगर पीके सिंह का कहना है मुकदमा दर्ज करके जांच की जा रही है।
रोहतक में चौधरी रणबीर सिंह हुड्डा की पुण्यतिथि पर पहुंचे सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा ने केंद्रीय बजट को लेकर सरकार को घेरा और कहा कि उन्हें केंद्र सरकार के बजट से उम्मीद तो बहुत थी, लेकिन नाउम्मीदी भी है। क्योंकि हरियाणा की पिछले 12 साल से बजट में अनदेखी की जा रही है। सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि, हरियाणा से एक के बाद एक बड़े प्रोजेक्ट छीने गए हैं। महम में अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा बनना था, जिसे भाजपा जेवर लेकर चली गई। सोनीपत में रेल कोच फैक्ट्री बननी थी, उसे भी छीन लिया। उन्हें उम्मीद कम ही है कि दोनों प्रोजेक्ट वापस हरियाणा में लाए जाएंगे। बाढ़सा में नहीं बनाए 10 संस्थान सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि कांग्रेस के समय बाढ़सा एम्स में 11 बड़े संस्थान बनने थे। कैंसर अस्पताल का पत्थर तत्कालीन पीएम मनमोहन सिंह ने रखा था। बाकी 10 संस्थानों की फाइल ठंडे बस्ते में पड़ी हुई है। मेट्रो का विस्तार हरियाणा में नहीं किया गया। भाजपा के कार्यकाल में एक खंबा भी नहीं लगाया गया। कॉमनवेल्थ गेम्स में हरियाणा को मेजबानी देने की मांग सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 में होने जा रहे हैं, जिसकी मेजबानी अहमदाबाद को दी है। उनकी मांग है कि मेरिट के आधार पर मेजबानी में हरियाणा को भी प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए, ताकि लाखों करोड़ रुपए का निवेश हरियाणा में हो सके। भाजपा सरकार में बने कई रिकॉर्ड सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि निर्मला सीतारमण द्वारा नौंवी बार बजट पेश करना रिकॉर्ड नहीं है, बल्कि रिकॉर्ड यह बना कि 78 साल में डॉलर के मुकाबले रुपया सबसे सस्ता हो गया। 78 साल में देश पर 82 प्रतिशत कर्ज बढ़ गया। व्यापार घाटा सबसे निम्न स्तर पर पहुंच गया। फौज कच्ची हो गई, यह रिकॉर्ड बना है। नए प्रोजेक्ट आने की कोई उम्मीद नहीं सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि उन्हें भाजपा सरकार से नए प्रोजेक्ट हरियाणा के लिए आने की कोई उम्मीद नहीं है। लेकिन इतनी उम्मीद तो कर सकते हैं कि कांग्रेस के समय जो प्रोजेक्ट पास किए गए थे, भाजपा उन्हें ही शुरू करवा दें, ताकि हरियाणा का विकास हो सके।
देवास में श्री श्याम सरकार परिवार द्वारा फाल्गुन माह में निकाली जाने वाली खाटूश्याम निशान यात्रा का सातवें वर्ष भी भव्य आयोजन किया गया। यात्रा में देवास शहर सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्याम भक्त शामिल हुए। निशान यात्रा का शुभारंभ लक्ष्मीनारायण मंदिर, शुक्रवारिया हाट से हुआ। इसके बाद यात्रा शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए एलआईजी मुखर्जी नगर स्थित पॉयनियर स्कूल के पास श्री खाटूश्याम मंदिर पहुंची, जहां विधिवत समापन किया गया। इस दौरान भक्त हाथों में निशान लेकर बाबा श्याम के जयकारे लगाते हुए चलते नजर आए। आयोजक कौसिक गुर्जर ने बताया कि यह बाबा श्याम की निशान यात्रा का सातवां वर्ष है, जिसका आयोजन प्रतिवर्ष फाल्गुन माह में श्रद्धा और उत्साह के साथ किया जाता है। यात्रा के समापन के बाद भक्तों के लिए भंडारे का आयोजन भी किया गया। इस धार्मिक आयोजन को सफल बनाने में कमल गुर्जर, अभय तावर, रवि पटेल, गौरव सोनी, निखिल, आशीष, जितेन, अरुण, रोहित उपाध्याय, अजय परिहार, मंगल सोलंकी, सुनील वर्मा, कमल राठौर, कपिल यादव, पंकज जैन, अनिल वर्मा और जितेन शर्मा सहित श्री श्याम सरकार परिवार के कई सदस्यों ने सक्रिय भूमिका निभाई।
कानपुर के जाजमऊ थाना क्षेत्र में शनिवार सुबह करीब 9 बजे गंगापुल पर एक 40 वर्षीय युवक का रक्तरंजित शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिलने से सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान बिहार के वैशाली जिले के मोहम्मदपुर निवासी मोहम्मद शाबिर के रूप में हुई है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक के बड़े भाई आबिद की तहरीर पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। भाई पर पुलिस को गुमराह करने का शकशुरुआती जांच में पुलिस को शक है कि मृतक का बड़ा भाई आबिद पुलिस को गुमराह करने की कोशिश कर रहा था। आबिद ने पुलिस को बताया था कि वह रात से ही शाबिर को तलाश रहा था और गंगापुल पर भी खोजबीन की थी, लेकिन वह नहीं मिला। जबकि बाद में सामने आए एक वायरल वीडियो में शाबिर घायल अवस्था में गंगापुल के पैदल ट्रैक पर पड़ा दिखाई दे रहा है और उसी दौरान आबिद भी मौके पर मौजूद दिख रहा है। वायरल वीडियो ने बढ़ाई जांच की उलझनवायरल वीडियो में एक राहगीर आबिद से यह कहते हुए सुना जा रहा है कि अगर शाबिर की मौत होती है तो उसे जेल जाना पड़ सकता है। राहगीर ने घायल को तुरंत अस्पताल ले जाने की सलाह भी दी थी। राहगीर का दावा है कि आबिद ने शाबिर को अस्पताल ले जाने की बात कही, जिसके बाद वह वहां से चला गया। हालांकि, दैनिक भास्कर ऐप इस वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है। एसीपी बोलीं- पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद होगा खुलासाकैंट एसीपी आकांक्षा पांडेय ने बताया कि वायरल वीडियो की जांच कराई जा रही है और यह पता लगाया जा रहा है कि शाबिर की मौत किन परिस्थितियों में हुई। इसके लिए इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जाएगी। एसीपी के अनुसार, मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। पोस्टमार्टम के बाद बिहार ले जाया गया शवपोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शाबिर के स्वजन शव को अंतिम संस्कार के लिए बिहार के वैशाली जिले के मोहम्मदपुर गांव ले गए। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
अयोध्या जिले के खण्डासा थाना क्षेत्र में एक 65 वर्षीय महिला का शव फंदे से लटका मिला। ग्रामीणों ने ढोली आसकरन गांव स्थित कप्तान तर तालाब के दक्षिण में शव देखा, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने शव की पहचान बरियारपुर निवासी मंगला पत्नी स्वर्गीय धर्मराज के रूप में की। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में महिला की मौत हैंगिंग से होने की पुष्टि हुई है। सूचना मिलते ही प्रभारी निरीक्षक सुरेंद्र कुमार सोनकर पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को फंदे से नीचे उतारा और शिनाख्त की प्रक्रिया पूरी की। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। मृतका मंगला मूल रूप से रोनाही थाना क्षेत्र के मीरपुर कांटा गांव की निवासी थीं। वह नवंबर माह में अपने बड़े बेटे हरिनाथ की बेटी की शादी में बरियारपुर आई थीं और तब से वहीं रह रही थीं। उनके दो बेटे, हरिनाथ और शिवनाथ, प्रदेश से बाहर मजदूरी करते हैं। घर पर उनकी बहुएं रहती हैं। परिजनों ने बताया कि मंगला हल्की मानसिक विक्षिप्त थीं। उनका शव बरियारपुर गांव से लगभग 1 किलोमीटर दूर मिला था। प्रभारी निरीक्षक सुरेंद्र कुमार सोनकर ने जानकारी दी कि घटना के समय घर पर केवल बहुएं मौजूद थीं। मृतका के बेटे प्रदेश से बाहर हैं। उन्होंने यह भी बताया कि इस मामले में अभी तक कोई तहरीर प्राप्त नहीं हुई है। यदि कोई तहरीर मिलती है, तो जांच-पड़ताल के बाद आवश्यक कानूनी कार्यवाही की जाएगी।
उन्नाव में मेडिकल कॉलेज में प्रवेश दिलाने के नाम पर 50 लाख रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। जिला कारागार उन्नाव के जेल अधीक्षक पंकज कुमार सिंह ने सदर कोतवाली में एक कथित कंसल्टेंसी संचालक और उसके साथियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। उन्होंने करीब 50 लाख रुपये की ठगी का आरोप लगाया है। तहरीर के अनुसार, पंकज कुमार सिंह ने अपनी बेटी के नीट काउंसलिंग के माध्यम से मेडिकल कॉलेज में प्रवेश के लिए सहायता हेतु 'जस्ट डायल' के जरिए 'स्टडी पाथवे कंसल्टेंसी' के प्रोपराइटर अभिनव शर्मा से संपर्क किया था। अभियुक्त ने उन्हें बाराबंकी के सफेदाबाद स्थित हिंद मेडिकल कॉलेज में प्रवेश सुरक्षित कराने का आश्वासन दिया था। इस प्रवेश के एवज में, हिंद इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज के नाम पर अलग-अलग तारीखों पर बड़ी धनराशि की मांग की गई। पीड़ित के मुताबिक, अभियुक्त के कहने पर कुल 20 लाख रुपए के दो बैंक ड्राफ्ट बनाए गए। पहला 10 लाख रुपए का ड्राफ्ट आईसीआईसीआई बैंक के खाते से 19 जुलाई 2025 को और दूसरा 10 लाख रुपए का ड्राफ्ट 18 जुलाई 2005 को पीड़ित की पत्नी के खाते से बनाया गया। इसके अलावा, 24 अक्टूबर 2025 को अभियुक्त द्वारा बताए गए कोटक महिंद्रा बैंक, विभव खंड, गोमती नगर, लखनऊ के खाते में 30 लाख रुपये की राशि आरटीजीएस के माध्यम से एसबीआई बैंक उन्नाव स्थित पंकज कुमार सिंह के खाते से ट्रांसफर की गई। सभी भुगतान उन्नाव शहर से किए गए थे। कुछ समय बाद, जब पीड़ित ने अपनी बेटी के मेडिकल कॉलेज में प्रवेश की स्थिति जानने के लिए अभियुक्त से संपर्क किया, तो उनके मोबाइल नंबर बंद मिले। इसके बाद, पीड़ित लखनऊ स्थित अभियुक्त के कार्यालय, बी-3/10, विजयंत खंड, गोमती नगर के तीसरे तल पर पहुंचे, लेकिन कार्यालय भी बंद मिला। काफी खोजबीन के बाद, पीड़ित को जानकारी मिली कि अभियुक्त अभिनव शर्मा और संतोष कुमार एक संगठित गिरोह के सदस्य हैं। आरोप है कि यह गिरोह फर्जी बैंक खातों और फर्जी कार्यालयों के माध्यम से कई लोगों से लाखों रुपए की ठगी कर चुका है। पीड़ित का यह भी आरोप है कि उक्त अभियुक्तों के खिलाफ विभिन्न जनपदों में कई मुकदमे विचाराधीन हैं। इतना ही नहीं, घटना के बाद Just Dial से भी अभियुक्तों से संबंधित सभी जानकारियां हटा दी गईं, जिससे यह संदेह और गहरा गया कि इस पूरे प्रकरण में Just Dial की भूमिका भी संदिग्ध है और वह अप्रत्यक्ष रूप से अपराध में सहयोगी हो सकता है। जेल अधीक्षक पंकज कुमार सिंह ने सदर कोतवाली मे प्राथमिकी दर्ज कराई है।
जालंधर जिले में प्रधानमंत्री के दौरे से पहले कड़ी सुरक्षा के बीच कार सवार पुलिस का नाका तोड़कर भाग गए। कार सवार को रोकने के लिए पुलिस ने कोशिश की, लेकिन वो नहीं रुके। पुलिस सीसीटीवी कैमरों की मदद से कार की फुटेज जुटाने में लगी है। अभी तक युवकों के बारेमें कोई जानकारी नहीं मिल पाई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दौरे को लेकर पुलिस ने शहर भर में नाकाबंदी कर रखी है। इसी के तहत लांबड़ा में पुलिस ने विशेष नाका लगाया था, यहां एक कार आई। पुलिस ने जब उसे रुकने का इशारा किया, तो युवकों ने कार को तेज भगा लिया और वैरिकेड तोड़कर निकल गए। ड्यूटी पर तैनात एक पुलिस कर्मचारी ने जब कार को रोकने का प्रयास किया, तो ड्राइवर ने गाड़ी उसकी ओर मोड़ दी और उसे कुचलने की कोशिश की। कार सवारों की तलाश जारी लांबड़ा थाना पुलिस का कहना है कि युवकों को रोकने की कोशिश की लेकिन वो गाड़ी भगाकर ले गए। उनके एक मुलाजिम की भी बाल-बाल जान बची है। आस पास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रहे हैं। जल्द ही युवकों को काबू कर लिया जाएगा।
इटावा में युवक ने फांसी लगाई फांसी:भरथना कोतवाली क्षेत्र में घटना, पुलिस ने शव पोस्टमार्टम को भेजा
इटावा के भरथना कोतवाली क्षेत्र के ग्राम पाली खुर्द के नगला काली में रविवार सुबह एक युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतक की पहचान 20 वर्षीय राहुल यादव पुत्र श्री यदुनाथ सिंह यादव के रूप में हुई है। उसका शव गांव के बाहर रखे एक बंगले में फांसी के फंदे पर लटका मिला जानकारी के अनुसार, राहुल एक निजी कंपनी में कार्यरत था और शनिवार शाम छुट्टी लेकर घर आया था। उसकी छोटी बहन की शादी 3 जुलाई को होनी है। इस घटना से शादी वाले घर की खुशियां मातम में बदल गईं। मौत के कारणों को लेकर फिलहाल स्थिति स्पष्ट नहीं है। परिजनों ने घटना को संदिग्ध बताते हुए निष्पक्ष और गहन जांच की मांग की है। घटना की सूचना मिलते ही कोतवाली प्रभारी निरीक्षक विक्रम सिंह और साम्हो चौकी इंचार्ज कोमल चौधरी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर कानूनी प्रक्रिया पूरी की और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने परिजनों से पूछताछ कर उनके बयान दर्ज किए हैं और मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा। पुलिस हर संभावित एंगल से मामले की जांच कर रही है। युवक की मौत से गांव और इलाके में शोक का माहौल है।
बलरामपुर में ऐतिहासिक चौक सौंदर्यीकरण शुरू:भव्य घंटाघर निर्माण के लिए भूमि पूजन संपन्न
बलरामपुर में ऐतिहासिक चौक के सौंदर्यीकरण और भव्य घंटाघर निर्माण कार्य का सोमवार को भूमि पूजन किया गया। यह पहल नगर के विकास और उसकी ऐतिहासिक-सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। भूमि पूजन कार्यक्रम नगर पालिका अध्यक्ष डॉ. धीरेंद्र प्रताप सिंह ‘धीरू’ द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के साथ संपन्न हुआ। इस अवसर पर नगर के जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, व्यापारी संगठनों के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में नगरवासी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में अधिशासी अधिकारी लाल चंद्र मौर्य, अध्यक्ष प्रतिनिधि डीपी सिंह बैस और विभिन्न सभासद भी मौजूद थे। नगर पालिका के तकनीकी अधिकारियों में जेई अवनीश यादव, जेई (जल) धर्मेंद्र गौड़ और सफाई निरीक्षक दिवाकर भी शामिल हुए। भूमि पूजन के बाद पालिका अध्यक्ष डॉ. धीरेंद्र प्रताप सिंह ‘धीरू’ ने कहा कि यह प्राचीन चौक नगर की ऐतिहासिक पहचान और सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि इसके सौंदर्यीकरण और घंटाघर के निर्माण से नगर की सुंदरता बढ़ेगी और यह आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत बनेगा। उन्होंने विकास के साथ विरासत के संरक्षण को प्राथमिकता बताया। डॉ. सिंह ने यह भी कहा कि यह परियोजना यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने, नगर को आधुनिक और आकर्षक स्वरूप प्रदान करने तथा पर्यटन को बढ़ावा देने में भी सहायक सिद्ध होगी। कार्यक्रम में उपस्थित अन्य वक्ताओं ने इस योजना को नगरवासियों की सहभागिता, सामूहिक संकल्प और विकास के प्रति प्रतिबद्धता का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि यह दिन नगर के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में एक ऐतिहासिक क्षण के रूप में याद रखा जाएगा।
गोंडा जिले में नकली असलहों से सोशल मीडिया पर धमकी भरे गानों पर रील बनाना चार युवकों को महंगा पड़ गया। नवाबगंज थाना पुलिस ने वीडियो वायरल होने के बाद तत्काल संज्ञान लेते हुए चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। उनके कब्जे से नकली हथियार भी बरामद किए गए हैं। यह घटना नवाबगंज थाना क्षेत्र के शाहपुर गांव की है। शाहपुर निवासी ताहिर ने अपने तीन अन्य साथियों, बस्ती के अंश मिश्रा, मोहसिन और दिग्विजय पांडेय के साथ मिलकर एक बसपा नेता की गाड़ी के पास खड़े होकर फिल्मी गानों पर नकली असलहों के साथ रील बनाई थी। इस वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल किया गया था। पुलिस ने चारों आरोपियों के पास से दो एयर गन और एक नकली प्लास्टिक का पिस्टल बरामद किया है। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उन्होंने रौब जमाने और लोगों में दहशत फैलाने के लिए इस तरह की रील बनाकर सोशल मीडिया पर साझा की थी। बताया जा रहा है कि ये सभी आरोपी मनकापुर के बसपा नेता अब्दुल राजिक उस्मानी के यहां काम करते हैं। उन्होंने उस्मानी के घर की एयर गन का इस्तेमाल कर यह वीडियो बनाया था। वीडियो में नाम हम झगड़ा चाहित हय जो जो हमसे ढेर बोलत हय सीधय बंदूक दगीत हय। गाने का इस्तेमाल किया गया था। नवाबगंज थाना अध्यक्ष अभय सिंह ने बताया कि सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर शांति भंग की धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है। पुलिस ने उन्हें चेतावनी दी है कि भविष्य में ऐसी हरकत करने पर उनके खिलाफ और कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि समाज में इस तरह की गतिविधियों में शामिल होने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।
कानपुर के अरौल थाना क्षेत्र में एक युवक की संदिग्ध हालात में मौत से गांव में हड़कंप मच गया। रविवार सुबह ग्रामीणों ने खेत के पास बनी कुटिया में युवक का शव लटका देखा, जिसके बाद 112 नंबर पर पुलिस को सूचना दी गई। जानकारी मिलते ही अरौल थाने की पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची, जांच-पड़ताल के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। खेत की रखवाली के लिए गया था, सुबह नहीं लौटामेडुआ गांव निवासी मुकेश (28) पेशे से रिक्शा चालक था। परिजनों के अनुसार, वह शनिवार रात अपने भाई जाहन सिंह के साथ खेत की रखवाली के लिए गया था। रात करीब दो बजे वह थोड़ी देर में लौटने की बात कहकर वहां से चला गया, लेकिन सुबह तक घर नहीं पहुंचा। काफी देर तक फोन बंद मिलने पर परिजन चिंतित हो गए। करीब 11 बजे ग्रामीणों ने खेत के पास बनी कुटिया में शव देखा और परिजनों को सूचना दी। माता-पिता की बीमारी के चलते मौत हो चुकी थीपरिजनों ने बताया कि कुछ साल पहले माता-पिता की बीमारी के चलते मौत हो चुकी थी। इसके बाद से मुकेश नशे का आदी हो गया था और घर में अक्सर विवाद होता रहता था। घटना की सूचना मिलते ही परिजन मौके पर पहुंचे, जहां युवक का शव देख परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। एसीपी बोले- अभी कोई तहरीर नहींएसीपी बिल्हौर मंजय सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जांच में मामला आत्मघाती कदम का प्रतीत हो रहा है। मृतक नशे का आदी था और पारिवारिक विवाद की बात सामने आई है। फिलहाल परिजनों की ओर से कोई तहरीर या आरोप नहीं लगाए गए हैं। तहरीर मिलने या आरोप सामने आने पर जांच कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
करनाल के सेक्टर-6 फ्लाईओवर के पास शनिवार की रात एक अज्ञात वाहन ने साइकिल सवार को कुचल दिया। हादसे के बाद मौके पर मौजूद पुलिसकर्मी ने तुरंत उसे अस्पताल पहुंचाया, जहां पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। वहीं, रविवार को पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम करवा शव परिजनों के हवाले कर दिया। परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्जकर आरोपी वाहन चालक की तलाश शुरू कर दी है। मृतक की पहचान 40 वर्षीय प्रमोद के रूप में हुई है। वह अशोक नगर करनाल का रहने वाला था और पेंट का काम करता था। शनिवार की रात वह बसंत विहार में काम खत्म करने के बाद अपनी साइकिल पर सवार होकर घर लौट रहा था। इसी दौरान सेक्टर-6 फ्लाईओवर के नीचे किसी अज्ञात फोर व्हीलर ने उसकी साइकिल को टक्कर मार दी। भाभी विनिता ने बताई पूरी घटना मृतक की भाभी विनिता ने बताया कि प्रमोद रोजाना की तरह काम खत्म कर घर आ रहा था। अचानक पीछे से आई एक गाड़ी ने साइकिल को टक्कर मार दी। हादसे के बाद एक पुलिसकर्मी ने उसे अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। तीन बच्चों के सिर से उठा पिता का साया परिजनों ने बताया कि प्रमोद के तीन बच्चे हैं, जिनमें दो बेटे और एक बेटी शामिल हैं। अचानक हुई इस घटना से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घर में मातम का माहौल है और परिजन सदमे में हैं। पोस्टमॉर्टम के बाद शव सौंपापुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मोर्च्युरी हाउस भेज दिया था। आज पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी करने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस अज्ञात वाहन की तलाश में जुटी है और मामले की जांच की जा रही है।
कैथल में जींद रोड बाइपास पर एक तेज रफ्तार कार पुलिस पोस्ट से टकरा गई। गाड़ी में दो युवक सवार थे, जो शराब के नशे में थे। गनीमत रही कि नाके पर बनाए गए शेड में मौजूद कर्मचारी एकदम से बाहन निकल गए, जिससे उनकी जान बच गई। यह हादसा आधी रात के बाद हुआ। गाड़ी कैथल से जींद की ओर जा रही थी। जैसे ही नाके पर पहुंची तो हादसा हो गया। कार ने पुलिस पोस्ट को तहस- नहस कर दिया। गाड़ी इतनी तेजी से टकराई कि वह एकदम से पलट गई। अगर पुलिस कर्मचारी तेजी से बाहर न निकलते तो बड़ा हादसा हो सकता था। किसी की जान भी जा सकती थी। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने लोगों की सहायता से दोनों युवकों को गाड़ी से बाहर निकाला और कैथल के नागरिक अस्पताल में भिजवाया। दोनों युवकों को इस हादसे में काफी चोटें आई हैं। ड्राइवर का गाड़ी पर कंट्रोल नहीं रहा नाके पर मौजूद पुलिस सब इंस्पेक्टर विनोद कुमार ने बताया कि रात को करीब साढ़े तीन बजे वे पोस्ट में बैठे हुए थे। तभी अचानक से एक तेज रफ्तार गाड़ी आई। ड्राइवर का गाड़ी पर कंट्रोल नहीं था। गाड़ी एकदम से चौक से टकराकर पुलिस पोस्ट से टकरा गई। विनोद कुमार ने बताया कि इस हादसे में वे दोनों बाल-बाल बचे। गाड़ी में सवार लड़के नशे में थे, जिनको अस्पताल पहुंचाया गया। दोनों लड़के गांव खापर जिला जींद के रहने वाले हैं। वे शाम को सांघन गए थे। उन्होंने बताया कि इस हादसे में एक पुलिसकर्मी को भी हल्की चोटें आई हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
निवाड़ी जिले की धार्मिक नगरी ओरछा में पुष्य नक्षत्र और माघ पूर्णिमा के अवसर पर रामराजा सरकार के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का भारी सैलाब उमड़ पड़ा। रविवार सुबह से ही ओरछा की सड़कों पर भक्तों की भारी भीड़ दिखी। मध्यप्रदेश और उत्तरप्रदेश से हजारों श्रद्धालु रामराजा सरकार के दर्शन के लिए कतारों में खड़े नजर आए। प्रशासन और मंदिर प्रबंधन पूरी तरह से अलर्ट मोड पर रहे। एसडीओपी कृष्ण कुमार पांडेय के अनुसार, दोपहर तक लगभग 50 हजार श्रद्धालु ओरछा पहुंच चुके थे। शाम तक भक्तों की संख्या 1 लाख तक पहुंचने की संभावना जताई गई है। कतार में लगकर किए दर्शन भारी भीड़ को देखते हुए रामराजा सरकार मंदिर प्रबंधन ने विशेष व्यवस्थाएं की हैं। इनमें अलग-अलग कतारें, सुगम दर्शन व्यवस्था और बुजुर्गों व महिलाओं के लिए विशेष इंतजाम शामिल हैं। मंदिर परिसर के बाहर और प्रमुख मार्गों पर पुलिस बल की चाकचौबंद तैनाती की गई है, ताकि किसी भी तरह की अव्यवस्था न हो। श्रद्धालुओं का कहना है कि पुष्य नक्षत्र और माघ पूर्णिमा पर रामराजा सरकार के दर्शन से विशेष पुण्य की प्राप्ति होती है। इसी धार्मिक आस्था के कारण आज ओरछा आस्था के महासागर में बदल गया।
अमृतसर में श्री गुरु रविदास महाराज के 649वें प्रकाश पर्व के अवसर पर अमृतसर स्थित रविदास मंदिर में भारी उत्साह और भक्ति का माहौल देखा गया। इस पावन दिहाड़े पर पंजाब सरकार के मुख्य प्रवक्ता कुलदीप सिंह धालीवाल ने मंदिर में नतमस्तक होकर गुरु महाराज का आशीर्वाद लिया और संगत को प्रकाश पर्व की बधाई दी। संगत की मांग और मांग पत्र समारोह के दौरान मंदिर कमेटी के प्रधान हुकूमत राय, सदस्य रविंदर हंस और अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने कुलदीप सिंह धालीवाल को एक मांग पत्र सौंपा। कमेटी ने मुख्य रूप से इलाके में एक कम्युनिटी हॉल के निर्माण की मांग प्रमुखता से उठाई। क्यों है हॉल की जरूरत कमेटी प्रधान ने बताया कि क्षेत्र में उचित स्थान न होने के कारण गरीब परिवारों को अपनी बेटियों के विवाह और सामाजिक कार्यक्रमों के लिए भारी परेशानी होती है। इस हॉल का उपयोग धार्मिक समागमों और युवाओं की रचनात्मक गतिविधियों के लिए भी किया जा सकेगा। सरकार का आश्वासन धार्मिक कार्यक्रमों की धूम प्रकाश पर्व के उपलक्ष्य में मंदिर परिसर में विशेष कीर्तन दरबार सजाए गए और श्रद्धालुओं के लिए अटूट लंगर बरताया गया। बड़ी संख्या में पहुंची संगत ने गुरु महाराज के चरणों में श्रद्धासुमन अर्पित किए। मंदिर कमेटी ने धालीवाल के सकारात्मक रुख के लिए उनका धन्यवाद व्यक्त किया।
चंदौली के सपा का प्रतिनिधि मंडल ने रविवार को कलेक्ट्रेट में डीएम(जिला निर्वाचन अधिकारी) चंद्रमोहन गर्ग से मुलाकात किया। लोगों ने जनपद के कई बूथों पर फार्म सात (मतदाता सूची से नाम हटाने का प्रारूप) के माध्यम से लोगों का नाम कटवाने की साजिस का पर्दाफाश किया। लोगों ने कई बंडलों में डीएम के सामने साक्ष्य भी प्रस्तुत किया। आरोप लगाया कि भाजपा कार्यालय से चिन्हित बूथों पर फार्म सात भेजा गया हैं। इसके बाद भाजपा के लोग साजिस के तहत बीएलओ पर नाम काटने का दबाव बना रहे हैं। सपा जिलाध्यक्ष सत्यनारायण राजभर ने बताया कि भाजपा कार्यालय से एक लाख फार्म (मतदाता सूची से नाम हटाने का प्रारूप) चिन्हित बूथों पर भेजा गया हैं। इस फार्म को भाजपा के मंडल और बूथ अध्यक्ष बीएलओं को देकर लोगों का नाम काटने का दबाव बना रहे हैं। उन्होने दावा किया कि सपा कार्यकर्ताओं ने कई बूथों पर गड़बड़ी को पकड़ लिया हैं। ऐसे में डीएम को ज्ञापन के माध्यम से मामले को संज्ञान में लाया गया हैं। सपा विधायक प्रभुनारायण सिंह ने दावा किया कि सकलडीहा विधानसभा के नई कोट, खड़ेहरा, नागेपुर, महगांव, पूरा गणेश के बूथों पर फार्म सात के तहत नाम काटने के मामले सामने आए। लेकिन सपा कार्यकर्ताओं ने प्रकरण का पर्दाफाश कर दिया। उन्होने दावा किया कि खासकर अल्पसंख्यक मतदाताओं को निशाना बनाया जा रहा हैं और उनका नाम मतदाता सूची से बाहर करने की साजिस चल रही हैं। कहा कि अफसरों को मामले से अवगत करा दिया गया हैं। इसके अलावा चहनिया में तैनात खंड शिक्षा अधिकारी के कार्यशैली पर सवाल उठाया। बताया कि खंड शिक्षा अधिकारी एसआईआर के कार्य को देख रहे हैं, लेकिन भाजपा नेताओं के इशारे पर काम कर रहे हैं। इसके अलावा उन्होने मुगलसराय विधानसभा के कई बूथों पर लोगों के नाम काटने का मुद्दा उठाया। इस दौरान पूर्व विधायक जितेंद्र कुमार, नफीस अहमद, सुनील यादव, चकरू यादव, इंद्रजीत शर्मा, संतोष यादव, अनिलद यादव, संतोष यादव, यादवेश यादव, दिलीप पासवान, आदि मौजूद रहे।
माघी पूर्णिमा पर 1 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने गंगा:माघ मेले का समापन, सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
माघी पूर्णिमा के अवसर पर जिले के विभिन्न गंगा घाटों पर एक लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने गंगा में आस्था की डुबकी लगाई। इसके साथ ही माघ महीने के स्नान पर्व का समापन हो गया। सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर प्रत्येक गंगा घाट पर पुलिस बल और गोताखोरों को तैनात किया गया था। श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के लिए पुख्ता इंतजाम किए गए थे। माघ महीने का यह अंतिम स्नान था। इससे पहले 14 जनवरी को माघ महीने का पहला स्नान हुआ था। श्रद्धालुओं ने सुबह से ही गंगा घाटों पर पहुंचकर स्नान किया और दान-पुण्य भी किया। जिले के प्रसिद्ध सिद्ध पीठ बाबा सेमराधनाथ गंगा घाट पर आयोजित माघ मेले में एक महीने से निवास कर रहे श्रद्धालुओं ने भी गंगा स्नान के साथ मेले का समापन किया। यह मेला पिछले 31 वर्षों से लगातार आयोजित किया जा रहा है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, माघ महीने में गंगा स्नान करने से सभी पाप नष्ट होते हैं और मोक्ष की प्राप्ति होती है। माघी पूर्णिमा के दिन बहरोडपुर गंगा घाट, ज्ञान आनंद, केदारपुर, इब्राहिमपुर, रामपुर और भोगांव गंगा घाट सहित अन्य घाटों पर भी बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने स्नान किया।
करनाल जिले के घरौंडा के सरकारी अस्पताल में शुरू किए गए सिजेरियन ऑपरेशन थियेटर में पहली बार सिजेरियन डिलीवरी सफलतापूर्वक की गई। यह डिलीवरी इसलिए भी चुनौतीपूर्ण थी, क्योंकि गर्भवती महिला का कद छोटा होने के कारण बच्चा हड्डी में फंस सकता था और नॉर्मल डिलीवरी में गंभीर दिक्कतें सामने आ रही थीं। डॉक्टरों ने हालात को देखते हुए परिवार को सिजेरियन डिलीवरी की सलाह दी, जिसे घरौंडा अस्पताल में ही स्थापित नए ऑपरेशन थियेटर में सिजेरियन डिलीवरी की गई। डिलीवरी पूरी तरह सफल रही और जच्चा ने एक स्वस्थ बच्ची को जन्म दिया। इस उपलब्धि के बाद अस्पताल प्रबंधन, डॉक्टरों की टीम और परिवार के लोगों में खुशी का माहौल देखने को मिला। कद छोटा होने से बढ़ी जटिलता घरौंडा के वार्ड-2 की प्रियंका पत्नी रविंद्र कुमार गर्भावस्था के अंतिम चरण में थी। उनका कद छोटा होने के कारण बच्चा हड्डी में नीचे नहीं आ पा रहा था। इस स्थिति में सामान्य डिलीवरी से जच्चा और बच्चा दोनों के लिए खतरा बढ़ सकता था। शुक्रवार की रात को प्रियंका को लेबर पेन शुरू हुआ, जिसके बाद उन्हें घरौंडा के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों ने जरूरी जांच की और स्थिति की गंभीरता को देखते हुए उच्चाधिकारियों को सूचित किया। डिप्टी सर्जन के मार्गदर्शन में बनी विशेषज्ञ टीम शनिवार को करनाल के सीएमओ के निर्देश पर डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. मुनेश गोयल के मार्गदर्शन में स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. नताशा अपनी पूरी टीम के साथ घरौंडा अस्पताल पहुंची। सभी औपचारिकताएं और तैयारियां पूरी करने के बाद दोपहर 2 बजकर 5 मिनट पर गर्भवती को ऑपरेशन थियेटर में ले जाया गया। ठीक 2 बजकर 22 मिनट पर बच्ची का जन्म हुआ और करीब 3 बजे डॉक्टरों की टीम ऑपरेशन थियेटर से बाहर आई। सफल सिजेरियन के बाद पूरे अस्पताल में खुशी का माहौल बन गया। 41 सप्ताह की गर्भावस्था, बच्चे को था खतरा डॉ. नताशा ने बताया कि यह प्रियंका का पहला बच्चा था और गर्भावस्था 41 सप्ताह की हो चुकी थी। ऐसे मामलों में बच्चा गर्भ में ही टॉयलेट कर सकता है, जिससे उसकी धड़कन बिगड़ने और जान का खतरा बढ़ जाता है। महिला का कद काफी छोटा था और बच्चा हड्डी में फंस सकता था। किसी भी तरह का जोखिम न हो, इसलिए सिजेरियन डिलीवरी का फैसला लिया गया। फिलहाल जच्चा और बच्चा दोनों पूरी तरह स्वस्थ हैं। पांच साल बाद परिवार में आई खुशी परिवार के लिए यह पल बेहद खास रहा। प्रियंका की सास शीला देवी ने बताया कि उनके दो बेटे हैं। बड़े बेटे की अभी शादी नहीं हुई है, जबकि छोटे बेटे की शादी को पांच साल हो चुके थे, लेकिन अब तक घर में कोई संतान नहीं हुई थी। डॉक्टरों ने पहले ही सिजेरियन डिलीवरी की जानकारी दे दी थी। अब पहली संतान के रूप में बच्ची के जन्म से पूरा परिवार बेहद खुश है। घरौंडा के लिए बड़ी सौगात सीएचसी घरौंडा के कार्यकारी एसएमओ डॉ. प्रदीप कुमार ने बताया कि सिजेरियन ऑपरेशन थियेटर शुरू हो चुका है और पहली डिलीवरी पूरी तरह सफल रही। किसी भी तरह की परेशानी नहीं आई, हालांकि हर तरह की इमरजेंसी के लिए पूरी तैयारी की गई थी। अब यहीं होगी सिजेरियन डिलीवरी डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. मुनेश गोयल ने कहा कि पहले ऐसे मरीजों को करनाल या पानीपत रेफर करना पड़ता था, लेकिन अब घरौंडा के लोगों के लिए यह बहुत बड़ी सुविधा है। इससे समय और पैसा दोनों की बचत होगी। फिलहाल प्लानिंग के साथ सिजेरियन डिलीवरी की जा रही है। जल्द ही यहां सर्जन की नियुक्ति हो जाएगी, जिसके बाद इमरजेंसी स्थिति में भी सिजेरियन संभव हो सकेगी। टीम की भूमिका रही अहम इस सफल सिजेरियन डिलीवरी में एनेस्थिसिया स्पेशलिस्ट डॉ. परमिंद्र, डॉ. अर्चना, ब्लॉक आशा कोर्डिनेटर अभिषेक सहित पूरी मेडिकल टीम की अहम भूमिका रही। सभी ने मिलकर घरौंडा अस्पताल के लिए एक नई शुरुआत की, जिससे क्षेत्र के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकेंगी।
करौली में सवर्ण समाज का फूटा आक्रोश:रैली निकाली, यूजीसी नियमों के विरोध में बाजार बंद
करौली में यूजीसी के नए नियमों के विरोध में रविवार को सवर्ण समाज का आक्रोश फूट पकड़ा। यहां जिले के कई क्षेत्रों में बंद का व्यापक असर देखा गया। सवर्ण समाज के आह्वान पर हुए इस बंद से जनजीवन प्रभावित रहा।करौली और मंडरायल सहित विभिन्न स्थानों पर सुबह से ही मुख्य बाजार, दुकानें और व्यावसायिक प्रतिष्ठान बंद रहे। यह विरोध सवर्ण समाज संघर्ष समिति के बैनर तले दर्ज कराया गया। राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापनप्रदर्शनकारियों ने यूजीसी के नए नियमों पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने इन नियमों को सामान्य वर्ग के मेधावी छात्रों के खिलाफ बताया और इनके दुरुपयोग की आशंका भी जताई।मंडरायल में सवर्ण समाज के लोगों ने एक रैली निकाली और एसडीएम को राष्ट्रपति तथा प्रधानमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में यूजीसी के नए नियमों को तत्काल निरस्त करने या उन पर रोक लगाने की मांग की गई। नारेबाजी भी कीविरोध प्रदर्शन के दौरान सरकार के खिलाफ नारेबाजी भी की गई। साथ ही, आगामी चुनावों में नोटा (NOTA) के प्रयोग की अपील भी की गई। बंद और प्रदर्शन के दौरान पुलिस प्रशासन सतर्क रहा और सभी स्थानों पर स्थिति शांतिपूर्ण बनी रही।उल्लेखनीय है कि सवर्ण समाज की पूर्व बैठकों में 1 फरवरी को बंद का निर्णय लिया गया था। इस बंद को व्यापारी वर्ग और दुकानदारों का भी व्यापक समर्थन मिला, जिससे अधिकांश स्थानों पर यह पूरी तरह सफल रहा।
जमुई जिले में रविवार को एक सड़क हादसे में बाइक सवार दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। यह घटना मंझवे इलाके के पास हुई। युवक मोकामा से जमुई की ओर आ रहे थे, तभी अचानक सड़क पर एक कुत्ता आ गया। कुत्ते को बचाने के प्रयास में बाइक अनियंत्रित होकर गिर गई, जिससे दोनों युवक घायल हो गए। दोनों युवक मोकामा से जमुई अपने भाई की जमीन मापी के सिलसिले में निकले थे। मापी का कार्य खैरा थाना क्षेत्र के केंडीह इलाके में होना था। दुर्घटना में उनके हाथ और पैरों में चोटें आई हैं। हालांकि, हेलमेट पहने होने के कारण उनके सिर में गंभीर चोट नहीं लगी, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। घायलों को सदर अस्पताल में कराया भर्ती स्थानीय लोगों ने घटना की सूचना डायल 112 पुलिस को दी। सूचना मिलते ही डायल 112 की टीम मौके पर पहुंची और दोनों घायलों को इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया। डॉक्टरों ने सदर अस्पताल में उनका प्राथमिक उपचार किया। घायलों की पहचान मोकामा थाना क्षेत्र निवासी राहुल पासवान (26 वर्ष), पिता यदुनंदन पासवान, और विकास कुमार (25 वर्ष), पिता रामदुलार पासवान, के रूप में हुई है। स्थानीय लोगों ने बताया कि यह दुर्घटना अचानक सड़क पर आवारा कुत्ते के आ जाने के कारण हुई। फिलहाल, दोनों घायलों की स्थिति खतरे से बाहर बताई जा रही है।
रायपुर की साप्ताहिक बाजार में उठाईगिरी का मामला सामने आया है। तीन आरोपियों ने मिलकर आलू प्याज कारोबारी को बातों में उलझाया और उसकी दुकान में रखा पैसे लेकर फरार हो गए। कारोबारी ने मामले की शिकायत पुलिस में की है। पीड़ित कारोबारी का नाम पुलिस द्वारा कार्तिक राम धीवर बताया जा रहा है। अब पढ़े क्या है पूरा मामला धरसीवा थाना पहुंचकर कारोबारी कार्तिक ने पुलिस को बताया 31 जनवरी को तरपोंगी स्थित साप्ताहिक बाजार में आलू प्याज बेचने के लिए गया हुआ था। शाम करीब 4:30 से 5:00 बजे के बीच दो युवक आलू-प्याज खरीदने पहुंचे और उसे लगातार बातचीत में उलझाए रखा। इसी दौरान पीछे से एक तीसरा युवक आया और पैसे रखने वाला विमल गुटखा का थैला झपटकर भाग गया। झपटमारी होते ही सामने खड़े दोनों युवक भी उसी के पीछे भागते नजर आए। कारोबारी ने पीछा किया, लेकिन तीनों युवक बाजार की भीड़ का फायदा उठाकर दूर खड़ी स्कूटी में बैठकर फरार हो गए। कारोबारी के अनुसार थैले में 24 हजार रुपए था। कारोबारी की शिकायत पर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। सीसीटीवी कैमरों से आरोपियों की कर शिनाख्त धरसींवा पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार पीड़ित की शिकायत पर केस दर्ज करके जांच की जा रही है। घटनास्थल के आस पास लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकार्डिंग खंगालकर आरोपियों की शिनाख्त की जा रही है। आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
सहरसा में रविवार को संत शिरोमणि गुरु रविदास की जयंती श्रद्धा और सामाजिक समरसता के साथ मनाई गई। यह आयोजन शहर के अस्पताल मोड़ स्थित संत रविदास मंदिर परिसर में हुआ। इस अवसर पर जिले के शीर्ष प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। जिलाधिकारी दीपेश कुमार, उप विकास आयुक्त (डीडीसी) गौरव कुमार, जिला कला एवं संस्कृति पदाधिकारी स्नेहा, जिला शिक्षा पदाधिकारी हेमचंद्र और सिविल सर्जन डॉ. राज नारायण राय सहित कई वरीय पदाधिकारी कार्यक्रम में शामिल हुए। रविदास के विचारों को किया याद कार्यक्रम का शुभारंभ संत रविदास की प्रतिमा पर माल्यार्पण और पुष्प अर्पित कर किया गया। अधिकारियों और श्रद्धालुओं ने संत रविदास के विचारों को याद करते हुए उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया। मंदिर प्रांगण में सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक भजन-कीर्तन, रचित भजनों का गायन और लोकगीतों की प्रस्तुति हुई। इस दौरान श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद का वितरण भी किया गया, जिससे पूरा परिसर भक्तिमय माहौल से भर गया। उत्सव के रूप में मनाई जाती है रविदास जयंती इस अवसर पर जिलाधिकारी दीपेश कुमार ने कहा कि संत रविदास जयंती प्रतिवर्ष 1 फरवरी को उत्सव के रूप में मनाई जाती है। उन्होंने संत रविदास को एक महान संत, कवि और समाज सुधारक बताया, जिनके जीवन और विचार आज भी समाज को नई दिशा प्रदान करते हैं। जिलाधिकारी ने उनके प्रसिद्ध संदेश मन चंगा तो कठौती में गंगा का उल्लेख करते हुए कहा कि यह मानव को आंतरिक शुद्धता और नैतिकता का पाठ पढ़ाता है। उन्होंने आगे कहा कि संत रविदास ने जाति-पाति से ऊपर उठकर समाज में भाईचारे, समानता और एकता का संदेश दिया। उनका दर्शन आज के समाज में अत्यंत प्रासंगिक है। नाटक-सांस्कृतिक प्रस्तुतियां आयोजित उन्होंने बताया कि जिला प्रशासन द्वारा रविदास जयंती के अवसर पर 'रविदास महोत्सव' का आयोजन किया जाएगा। इसमें नाटक, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां और अन्य कार्यक्रम शामिल होंगे, जिससे नई पीढ़ी संत रविदास के विचारों से प्रेरणा ले सके। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु, सामाजिक कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। पूरे आयोजन ने सामाजिक सौहार्द, एकता और सांस्कृतिक चेतना का सशक्त संदेश दिया।
वाराणसी के शिवपुर थाना क्षेत्र में शनिवार की शाम कपड़े सुखाने को लेकर पड़ोसियों का विवाद हो गया। एक मकान में रहने वाली दो महिलाओं ने तार एक दूसरे के कपड़ों को फेंकना शुरू कर दिया। इसके बाद दोनों में हाथापाई हो गई। हाथापाई के बीच एक महिला ने दूसरी को धक्का दे दिया। जब वह नीचे गिरने ली तो फिल्मी स्टाइल में दूसरी महिला की साड़ी पकड़ ली। दूसरी मंजिल से धक्का के बाद दोनों महिलाएं चंद सैकेंड में नीचे आ गई। नीचे गिरते ही दोनों गंभीर रूप से घायल हो गई। आसपास के लोग जुटे और दोनों को अस्पताल ले जाना चाहा लेकिन तब तक एक महिलाने दम तोड़ दिया। वहीं दूसरी के कमर और शरीर की कई हडि्डयां टूट गई। आनन फानन में उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। उधर, सूचना के बाद पहुंची पुलिस ने मामले की पड़ताल की। थाना पुलिस ने आला अधिकारियों को फोन पर पूरा घटनाक्रम बताया। इसके बाद परिजनों की तहरीर लेकर शव का पंचनामा भरा। पुलिस ने शव को सुबह पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। शनिवार को शिवपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत हटिया गांव में छत पर कपड़ा सुखाने को लेकर हुए विवाद के दौरान दो महिलाएं छत से नीचे गिर गईं। मुर्दहा बाजार निवासी राज मिस्त्री तेज बहादुर अपनी पत्नी ज्योति प्रजापति (22), दो साल की बेटी दीपाली और दो माह की बेटी लक्ष्मी के साथ हटिया गांव में किराए के मकान में रहते थे। उसी मकान में समशुल बेगम उर्फ सुमन भी किराए पर रहती थी। दोनों महिलाओं के बीच छत पर कपड़ा फैलाने को लेकर अक्सर विवाद होता रहता था। शनिवार को शाम ज्योति प्रजापति छत पर कपड़ा सुखाने गई थी। आरोप है कि उसी दौरान समशुल बेगम भी छत पर पहुंची और दोनों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। विवाद इतना बढ़ गया कि समशुल ने ज्योति को धक्का दे दिया। गिरते समय ज्योति ने समशुल को पकड़ लिया, जिससे दोनों महिलाएं छत से नीचे आ गिरीं। हादसे में ज्योति के सिर में गंभीर चोट लग गई और उसकी मौके पर ही मौत हो गई, जबकि समशुल बेगम गंभीर रूप से घायल हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने ज्योति के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया, वहीं घायल समशुल को इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना के बाद परिजनों में कोहराम मच गया। पत्नी का शव देखकर पति तेज बहादुर का रो-रोकर बुरा हाल है। वह अपनी मासूम बेटियों को गोद में लेकर उन्हें संभालता नजर आया। आसपास के लोगों का कहना है कि ज्योति स्वभाव से मिलनसार थी, जबकि समशुल अक्सर उस पर तंज कसती थी। थाना प्रभारी वीरेंद्र कुमार सोनकर ने बताया कि पीड़िता के पति की तहरीर पर आरोपी महिला समशुल बेगम के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच की जा रही है और विधिक कार्रवाई जारी है। महिला का गंभीर हालत में इलाज कराया जा रहा है।
पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में NEET छात्रा की संदिग्ध मौत मामले में बड़ा अपडेट सामने आ रहा है। भास्कर के पास 9:54 सेकेंड का शंभू गर्ल्स हॉस्टल के अंदर का एक्सक्लूसिव CCTV फुटेज है। इस फुटेज में बार-बार दरवाजा खटखटाना, लड़की को नाम लेकर पुकारना, एक-दो महिलाओं और पुरुषों की एंट्री दिखाई दे रही है। इसके बाद जबरन दरवाजा खोले जाने तक की पूरी कड़ी है। छात्रा के रूम का दरवाजा ऊपर से हाथ डालकर खोला गया। देखिए 6 जनवरी को दिन में शंभू गर्ल्स हॉस्टल में क्या-क्या हुआ… दोपहर के 3:50 बजे- छात्रा के केबिन के बाहर हलचल होती है। बगल के केबिन की लड़कियां एक-एक कर जमा होने लगती हैं। देखते ही देखते 4-5 लडकियां जमा हो जाती हैं। इसी में से एक लड़की बार-बार नाम लेकर पुकार रही है और गेट खोलने के लिए कहती नजर आ रही है। दूसरी लड़की पूछती है क्या हुआ। तो जवाब मिलता है बार-बार आवाज देने के बाद भी गेट नहीं खोल रही है। दोपहर 3:50:57- पर एक लड़की पास में मौजूद टेबल पर चढ़कर केबिन में दोबारा झांकती है। इसके बाद दूसरी लड़कियां उसके दरवाजे को खटखटाना शुरू करती हैं। खटखटाने के बाद भी केबिन का दरवाजा नहीं खुलता है। दोपहर 3:51:07- हॉस्टल की लड़कियां उसके केबिन के बाहर आपस में इसे लेकर बातचीत करने लगती हैं। फिर दोबारा दरवाजा खटखटाना शुरू करती हैं। फिर भी नहीं खुलता है। दोपहर 3:51:40- हॉस्टल की दूसरी लड़कियां भी एक-एक कर के उसके केबिन के पास आना शुरू कर देती हैं। सभी लड़कियां जोर जोर से एक बार फिर से नाम पुकारने लगती हैं... निर्भया.…निर्भया.…गेट खोलिए ना… लड़कियां कहती हैं दीदी…ओ दीदी, गेट खोलिए ना। कुछ बोल क्यों नहीं रही हैं। दोपहर 3:55 बजे - गलियारे में एक महिला की एंट्री होती है। लड़कियों से क्या हुआ.…पूछती हुई केबिन की ओर बढ़ती है। लड़कियां बताती हैं, निर्भया गेट नहीं खोल रही है। वो भी अपने स्तर से दरवाजे पिटती है, फिर भी गेट नहीं खुलता है। दोपहर 3:56:33 - गलियारे में वो महिला पैसेज की लाइट ऑन करती है और फिर निर्भया के केबिन के गेट पर जाती है। दोपहर 3:57:48 - गलियारे में एक शख्स की एंट्री होती है। वो ये कहते उसके दरवाजे की ओर बढ़ रहा है कि...गेट नहीं खोल रही है। सोई हुई है। फिर वो दरवाजे पर पहुंचकर उसके केबिन में झांकता है। इस दौरान साथ खड़ी लड़कियां तेज आवाज में गेट खोलने का कहती रहती हैं। कुछ लड़कियां डांटकर कहती हैं गेट खोलिए ना। इस दौरान दरवाजा भी पीट जाता है। दोपहर 3:58:55 - गलियारे में जोर से खींचते हुए निर्भया के केबिन के दरवाजे के गेट को खोल देता है। इसके बाद सभी उसके केबिन में दाखिल हो जाते हैं। दूसरे केबिन की भी लड़कियां घूस जाती हैं। दोपहर 3:59:15 - गलियारे में एक महिला पीली साड़ी में तेजी से पैसेज में दाखिल होती है और केबिन में घूस जाती है। दोपहर 3:59:22 - गलियारे में उस छात्रा के केबिन से रोने की आवाज आती है। दौड़कर कुछ लड़कियां अपने अपने केबिन में पानी के लिए जाती हैं। रोना धोना दोपहर 4 बजे तक चलता है, और भी लड़कियां केबिन में घूसने लगती हैं। अब यह समझिए कि SIT की जांच में कहां कमी रह गई? परिवार क्या सवाल उठा रहा है? और CBI के लिए मामला कितना चुनौतीपूर्ण होगा। पढ़िए लीगल एक्सपर्ट हाईकोर्ट के वकीलों की राय पर आधारित यह रिपोर्ट…। अब 10 पॉइंट में समझिए CBI को जांच क्यों सौंपी गई…? 1. सरकार की सबसे बड़ी चुनौती 2 फरवरी से शुरू होनेवाला विधानसभा सत्र बिहार में 2 फरवरी से शुरू हो रहे विधानसभा सत्र से ठीक पहले NEET छात्रा रेप-मौत केस की जांच CBI को सौंपने के फैसले को सियासी टाइमिंग से जोड़कर देखा जा रहा है। सरकार पर लगातार बढ़ते सवाल, SIT की नाकामी और DNA रिपोर्ट के बाद विपक्ष हमलावर है। ऐसे में सरकार के सामने सदन में हर दिन जवाब देने की मजबूरी बन रही थी। CBI जांच की सिफारिश कर सरकार ने यह संकेत दिया कि अब मामला राज्य पुलिस के हाथ में नहीं रहा। इससे विधानसभा के भीतर सीधे जवाबदेही से बचने का रास्ता खुल गया है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव लगातार सरकार को घेर रहे हें। उन्होंने लिखा, “बिहार का प्रशासनिक ढांचा भ्रष्ट और अयोग्य है, जो एक रेप-मर्डर केस भी नहीं सुलझा पा रहा।' यही सब सवाल विधानसभा में उठने वाले हैं, इसलिए सीबीआई का रास्ता निकाल लिया गया। 2. SIT 22 दिन में किसी रिजल्ट पर नहीं पहुंची किसी भी संगीन अपराध में शुरुआती दो से तीन दिन ही निर्णय वाले होते हैं। यहां 22 दिन बीतने के बाद भी SIT यह तय नहीं कर पाई कि अपराध कब, कहां और किसने किया। केस थ्योरी बार-बार बदल रही है, पहले सुसाइड, फिर संदिग्ध मौत, फिर रेप। इससे पता चल रहा है कि जांच दिशाहीन चल रही है। DNA मिलान जांच का सबसे प्रमुख हथियार था अब वो भी फेल हो रहा है। 18 सैंपल लिए गए, जिनमें हॉस्टल मालिक, उसके बेटे, हॉस्टल से जुड़े लोग, मददगार, परिजन, लेकिन सभी के सैंपल फेल हो गए। इससे दो बातें निकलती हैं: या तो सही संदिग्धों तक पहुंच नहीं हुई, या सैंपलिंग/सीन-मैनेजमेंट में खामी रही। 3. एम्स की राय अभी तक आई ही नहीं, केस पहले ही ट्रांसफर अभी तक पूरी एसआईटी विशेषज्ञ राय (AIIMS) की रिपोर्ट का इंतजार रही थी। हर सवाल पर एक ही जवाब था, रिपोर्ट का इंतजार करिए। प्राइवेट पार्ट में चोट, कैथेटर थ्योरी, दवाओं का असर, मृत्यु का कारण सभी वहीं से स्पष्ट होना था। SIT अब तक सभी आवश्यक दस्तावेज एकसाथ एम्स को नहीं दे पाई। बिना विशेषज्ञ ओपिनियन के केस डायरी अधूरी है। अब बिना रिपोर्ट का इंतजार किए CBI को जांच सौंप दी गई। 4. सीन ऑफ क्राइम को देर से सील करना, सबूत कमजोर हुए FIR में देरी और हॉस्टल कमरे का समय पर सील न होना। CCTV, DVR का फॉरेंसिक ऑडिट देर से होना, ये सब शुरुआती दौर में ही चूक हुई, इससे सबूत मिट गए। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में प्राइवेट पार्ट में ताजा चोटें, शरीर पर रगड़ के निशान के बावजूद शुरुआती दिनों में सुसाइड पर ही जोर रहा। परिवार का आरोप है कि सुसाइड मानने का दबाव बनाया गया, बार-बार पूछताछ हुई और सुरक्षा नहीं मिली। 5. सीसीटीवी पूरी तरह स्पष्ट नहीं, देर से पहुंची पुलिस 5 जनवरी रात 9:30 से 6 जनवरी दोपहर 2 बजे तक सबसे संदिग्ध समय रहा। यही वो टाइम था, जब छात्रा अपने घर से हॉस्टल पहुंची और पिता से फोन पर बात की। लेकिन इन 17 घंटों का सीसीटीवी पुलिस शायद नहीं जुटा पाई है। या स्पष्ट नहीं है, जिससे यह नहीं पता चल पा रहा कि छात्रा के कमरे का दरवाजा किसने तोड़ा और कब तोड़ा। कमरे में कौन गया और कौन बाहर निकला। 6. सियासत शुरू, लोगों का भरोसा पुलिस से उठता जा रहा लीगल एक्सपर्ट कहते हैं, न्याय केवल होना नहीं चाहिए, होता दिखना भी चाहिए। नीट छात्रा के मामले में पुलिस शुरू से ही ढीला रवैया अपनाती रही। पुलिस की प्राइमरी थ्योरी पर ही एसआईटी आगे बढ़ती रही। यही कारण है कि सियासत तेजी से शुरू हो गई। धरना-प्रदर्शन हुए और अब जिम्मेदारी से बचने के लिए मामला सीबीआई को सौंप दिया गया है। अब जानिए इस पूरे मामले में CBI के सामने क्या चुनौतियां होंगी 1. समय बीतने से साक्ष्य कमजोर होते जा रहे CBI को सबसे बड़ी चुनौती समय की देरी से मिलेगी। घटना को कई हफ्ते बीत चुके हैं। डिजिटल डेटा ओवरराइट हो सकता है, गवाहों के बयानों में अंतर आ सकता है, फिजिकल साक्ष्य की ताजगी कम हो चुकी है। CBI को अब रीकंस्ट्रक्शन के आधार पर केस बनाना होगा, जो हमेशा मुश्किल होता है। 2. एसआईटी की जांच की कमियों को दूर करना CBI को SIT की शुरुआती गलतियों के बावजूद केस को दोबारा खड़ा करना होगा। सीन ऑफ क्राइम, सैंपलिंग और टाइमलाइन की खामियों को बचाव पक्ष कोर्ट में हथियार बनाएगा। CBI को यह दिखाना होगा कि नई जांच कैसे निष्पक्ष और वैज्ञानिक है, ताकि पुरानी थ्योरी केस को न डुबो दें। 3. परिवार-गवाहों का भरोसा जीतना परिवार और कुछ गवाह पहले ही दबाव और डर की बात कह चुके हैं। CBI के लिए जरूरी होगा कि वह गवाहों की सुरक्षा और परिवार का विश्वास बहाल करे। बिना भरोसे के कोई भी गवाह खुलकर बयान नहीं देगा। यह सामाजिक और मनोवैज्ञानिक चुनौती है, सिर्फ कानूनी नहीं। 4. पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और एम्स रिपोर्ट का कंपरीजन CBI को पोस्टमॉर्टम, FSL और एम्स ओपिनियन सबको साइंटिफिक तरीके से जोड़ना होगा। मेडिकल राय में जरा-सी गड़बड़ी बचाव पक्ष को संदेह का लाभ दे सकती है। यह सबसे तकनीकी और संवेदनशील चुनौती होगी। CCTV, कॉल डिटेल, टावर डंप और मोबाइल डेटा इन सबका टाइम-सिंक जरूरी है। अगर एक भी डेटा सेट मेल नहीं खाया, तो पूरी डिजिटल थ्योरी कमजोर पड़ जाएगी।
छिबरामऊ में रविवार को सवर्ण समाज और बार संघ के अधिवक्ताओं ने यूजीसी बिल के विरोध में प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री के नाम एक ज्ञापन उपजिलाधिकारी को सौंपा। इस विरोध प्रदर्शन में तहसील क्षेत्र के सभी सवर्ण समाज संगठनों ने हिस्सा लिया। वक्ताओं ने यूजीसी बिल को 'काला कानून' बताया। उनका आरोप था कि यह कानून समाज को विभाजित कर रहा है और सवर्णों को सीधे तौर पर 'गुनहगार' घोषित करता है। संगठनों ने स्पष्ट किया कि उनका विरोध किसी विशेष जाति या वर्ग से नहीं, बल्कि इस 'सवर्ण विरोधी कानून' से है। उन्होंने एकजुट होकर बिल का विरोध करने का आह्वान किया। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि यह कानून वापस नहीं लिया गया, तो वे सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेंगे और सरकार को इसे वापस लेने के लिए मजबूर करेंगे। उन्होंने चक्का जाम करने और आगामी चुनावों में भाजपा सरकार के खिलाफ मतदान करने की भी बात कही। वक्ताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार 'सबका साथ, सबका विकास' के नारे के साथ सत्ता में आई थी और सवर्ण समाज ने उन्हें वोट दिया था, लेकिन मोदी सरकार ने उनके साथ 'धोखा' किया है। इस विरोध प्रदर्शन में अखिल भारतीय ब्राह्मण महासभा के प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ. रजनीश दुबे, ब्राह्मण महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुपम बाजपेई, पुनीत दुबे, एडवोकेट सुशील द्विवेदी, प्रदीप गुप्ता, दिलीप गुप्ता और हिमांशु चौहान सहित हजारों की संख्या में सवर्ण समाज के लोग सड़कों पर उतरे।
अवैध पशु तस्करी पर लातेहार पुलिस का शिकंजा:दो पिकअप वाहन जब्त, 20 पशु बरामद, छह लोग गिरफ्तार
लातेहार जिले में अवैध पशु तस्करी के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो पिकअप वाहनों से 20 पशु बरामद किए हैं। इस मामले में मनिका थाना पुलिस ने छह लोगों को गिरफ्तार किया है। थाना प्रभारी प्रभात कुमार दास ने बताया कि पुलिस अधीक्षक कुमार गौरव को गुप्त सूचना मिली थी। सतबरवा की ओर से दो पिकअप वाहनों में पशुओं को क्रूरतापूर्वक लादकर अवैध रूप से लातेहार ले जाया जा रहा है। सूचना के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए मनिका थाना क्षेत्र के ग्राम नामुदाग स्थित पेट्रोल पंप के पास जांच अभियान चलाया गया। तलाशी में 20 पशु बरामद, नहीं दिखा सके वैध कागजात जांच के दौरान सतबरवा की ओर से आ रहे पिकअप वाहन संख्या JH03AP-9759 और JH19F-2465 को रोका गया। तलाशी लेने पर पिकअप वाहन JH03AP-9759 से 10 बछड़े (5 काले और 5 सफेद) जबकि पिकअप वाहन JH19F-2465 से 10 पशु (3 गाय और 7 बछड़े) बरामद किए गए। सभी पशुओं को अमानवीय और क्रूरतापूर्ण तरीके से वाहन में लादा गया था। पुलिस द्वारा वाहन चालकों और सवार व्यक्तियों से पशु परिवहन से संबंधित वैध कागजात की मांग की गई, लेकिन कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किया गया। इसके बाद दोनों पिकअप वाहनों के साथ सभी 20 पशुओं को जब्त कर लिया गया। छह आरोपी गिरफ्तार, कई धाराओं में केस दर्ज पुलिस ने इस मामले में छह लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में हिरालाल चौधरी (50 वर्ष, खामडीह, सतबरवा), अहमद अंसारी (66 वर्ष), इरफान अंसारी (47 वर्ष), जैनुल अंसारी (40 वर्ष, सभी थाना लेस्लीगंज, जिला पलामू), अधीन कुमार यादव (18 वर्ष, होटवाग, लातेहार) और दानीश अंसारी (18 वर्ष, पंडरी, थाना चान्हो, जिला रांची) शामिल हैं। मनिका थाना कांड संख्या 09/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धाराओं 281, 303(2), 317(2), 3(5) बीएनएस के साथ पशु क्रूरता निवारण अधिनियम एवं पशु परिवहन अधिनियम की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। इस छापामारी अभियान में थाना प्रभारी प्रभात कुमार दास, सअनि कमलेश प्रसाद यादव और सैट-126 सशस्त्र बल के जवान शामिल थे। पुलिस ने कहा है कि अवैध पशु तस्करी के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
भिवानी में 36 बिरादरी की महापंचायत:31 सदस्यीय कमेटी गठित, युवाओं को भटकाव और नशे से बचाने का प्रयास
भिवानी जिले की खावा गांव में 36 बिरादरी की एक महापंचायत का आयोजन किया गया। इसका मुख्य उद्देश्य युवाओं को आधुनिकता के प्रभाव से बचाकर सही दिशा देना और समाज में बढ़ती सामाजिक कुरीतियों, नशे की लत तथा युवाओं के पथभ्रष्ट होने की प्रवृत्ति पर अंकुश लगाना है। महापंचायत में केवल विचार-विमर्श तक सीमित न रहते हुए जमीनी स्तर पर बदलाव लाने का संकल्प लिया गया। इसके लिए सर्वसम्मति से 31 सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया है। यह कमेटी पूर्ण रूप से पंजीकृत होगी, ताकि इसके कार्यों को सामाजिक और कानूनी मान्यता मिल सके। स्कूल कॉलेज जाने वाले छात्रों पर नजर रखेगी कमेटी यह कमेटी स्कूल और कॉलेज जाने वाले विद्यार्थियों की गतिविधियों पर विशेष नजर रखेगी, ताकि उन्हें शिक्षा से भटकने से रोका जा सके। यदि किसी बच्चे या युवा के व्यवहार को लेकर समाज में कोई चिंता सामने आती है, तो कमेटी अभिभावकों से शालीनता और तथ्यों के साथ संवाद स्थापित करेगी। इसका उद्देश्य टकराव के बजाय समाधान निकालना है। महापंचायत में लिव-इन रिलेशनशिप और माता-पिता की सहमति के बिना लिए जा रहे निर्णयों को सामाजिक ढांचे के लिए चुनौती माना गया। युवाओं को परिवार, संस्कार और सामाजिक मर्यादाओं की अहमियत समझाने पर जोर दिया गया। महापंचायत में भरत सिंह ढुल को सर्वसम्मति से कमेटी का प्रधान चुना गया है। 36 बिरादरी के लोगों ने दी अपनी सहमति पंचायत के दौरान लिए गए निर्णयों को बलबीर ढुल और राजबीर ढुल ने उपस्थित समाज के समक्ष पढ़कर सुनाया। इन निर्णयों पर 36 बिरादरी के लोगों ने हाथ उठाकर अपनी सहमति दी। महापंचायत को संबोधित करते हुए युद्धवीर मंगल सिंह खरेटा ने कहा कि युवाओं का पथभ्रष्ट होना केवल किसी एक परिवार की समस्या नहीं, बल्कि पूरे समाज की हार है। नशे की गिरफ्त और सामाजिक मर्यादाओं का उल्लंघन हमारे भविष्य को खोखला कर रहा है। अब चुप रहकर तमाशा देखने का समय नहीं, बल्कि संगठित होकर सुधार की दिशा में कदम उठाने की आवश्यकता है। खावा गांव से शुरू हुई यह पहल भटके हुए युवाओं के लिए एक सुरक्षा कवच बनेगी। आगे आकर जिम्मेदारी उठाने पड़ेगी खावा गांव की यह महापंचायत इस बात का उदाहरण है कि जब सामाजिक चुनौतियां बढ़ती हैं, तो समाज को स्वयं आगे आकर जिम्मेदारी निभानी पड़ती है। यदि इस मॉडल को अन्य गांव भी अपनाते हैं, तो एक स्वस्थ, संस्कारयुक्त और सुरक्षित समाज की परिकल्पना साकार हो सकती है। इस अवसर पर सरपंच प्रतिनिधि ओमप्रकाश ढुल, दयानंद नंबरदार, महेंद्र सिंह नंबरदार, ग्राम पंचायत के सभी पंच तथा समाज के अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कमेटी में शामिल सदस्य कमेटी में भरत सिंह, युद्धवीर मंगल सिंह खरेटा, राजबीर, धर्मा पंडित, श्यामु, महेंद्र नंबरदार, भजनलाल, बलवान, मेवा सिंह, धर्मपाल, जगदीश धानक, प्रदीप धानक, सुनील, अजीत, श्रीभगवान, मोहनलाल, श्रवण नाई, सूबे सिंह और बिजेराम है। इसके साथ ही इस कमेटी में राजपाल सांगवान, कुलदीप भॉकर, विजय सिंह, मान सिंह नाई, सूरजभान नांगल, राजेश, सुनील, लीलूराम, बलबीर, दयानंद, जगदीश, धर्मबीर व महेश को सदस्य नियुक्त किया गया।
भागलपुर जिले के सजोर थाना क्षेत्र में फाइनेंस कर्मी से लूट मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस जांच में पूरा मामला फर्जी निकला, जिसके बाद आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। अपनी शादी का खर्च जुटाने के लिए 1.32 लाख रुपए की लूट की झूठी कहानी रची थी। विधि व्यवस्था डीएसपी नवनीत कुमार ने बताया कि आरोपी की पहचान गोड्डा जिले के पोड़ैयाहाट थाना क्षेत्र के पुरानी गांव निवासी सिंकू कुमार के तौर पर हुई है। भागलपुर जिले के अमरपुर स्थित एक निजी फाइनेंस कंपनी में फील्ड अफसर के पद पर कार्यरत था। उसने 20 नवंबर 2025 को थाना में आवेदन देकर दावा किया था कि राहुल नगर और जान्हीपुर गांव के बीच अज्ञात बदमाशों ने उससे 1.32 लाख रुपए लूट लिए। बार-बार बयान बदलता रहा मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की। पुलिस टीम ने तकनीकी जांच के तहत मोबाइल लोकेशन, कॉल डिटेल रिकॉर्ड और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। जांच के दौरान कई विसंगतियां सामने आई। आरोपी के बयान बार-बार बदलते रहे, जिससे पुलिस को संदेह हुआ। डीएसपी नवनीत कुमार ने बताया कि सख्ती से पूछताछ करने पर आरोपी सिंकू कुमार ने आखिरकार सच कबूल कर लिया। उसने स्वीकार किया कि नवंबर में उसकी शादी होनी थी, लेकिन आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण उसके पास पर्याप्त पैसे नहीं थे। शादी में खर्च के लिए उसने कंपनी से मिली रकम को छिपाने के उद्देश्य से लूट की झूठी कहानी रची थी। आरोपी सिंकू कुमार के खिलाफ झूठी सूचना देने, पुलिस को गुमराह करने और धोखाधड़ी से संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है। उसे गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया की जा रही है। डीएसपी ने कहा कि इस तरह की फर्जी घटनाएं पुलिस व्यवस्था पर अनावश्यक दबाव डालती है। असली अपराधों की जांच में बाधा बनती है। कानून को धोखा देने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जालंधर के जड़ियाला चौक के पास देर रात एक सड़क हादसे में 19 वर्षीय युवक की मौत हो गई। मृतक की पहचान मिठ्ठू बस्ती निवासी अनंत राजपूत के रूप में हुई है। थाना दो की पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल में रखवा दिया है। जेपी नगर निवासी सचिन ने बताया कि उनका छोटा भाई अनंत राजपूत फोटोग्राफी का काम करता था। वह बीती रात काम पर गया था, लेकिन घर नहीं लौटा। परिवार को चिंता हुई क्योंकि वह अक्सर देर रात दोस्तों के घर रुक जाता था। जब वह घर नहीं लौटा तो दोस्तों ने फोन कर हादसे की सूचना दी। इसके बाद परिवार को घटना का पता चला और वे थाने पहुंचे। थाना दो की पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
लंबे इंतजार के बाद आखिरकार फरीदाबाद की पर्वतीय कॉलोनी के लोगों के घरों तक पानी पहुंच ही गया। नगर निगम ने डेढ़ साल से अटके पानी के कनेक्शन को जोड़ दिया है, जिससे करीब 5 हजार लोगों को पेयजल संकट से राहत मिली है। अब तक कॉलोनीवासी मजबूरी में टैंकरों से पानी खरीदकर गुजारा कर रहे थे। नगर निगम की ओर से यह काम निगम कमिश्नर के निर्देश पर इंजीनियरिंग ब्रांच ने पूरा किया। पर्वतीय कॉलोनी, जो वार्ड नंबर-6 में आती है, वहां दिवा मंदिर से लेकर श्रीराम स्कूल तक करीब डेढ़ साल पहले पानी की पाइपलाइन बिछाई गई थी। पाइपलाइन बिछने के तुरंत बाद विधानसभा चुनाव की घोषणा हो गई और आचार संहिता लागू होते ही सभी विकास कार्य रोक दिए गए। आचार संहिता हटने और प्रदेश में नई सरकार बनने के बावजूद पानी का कनेक्शन नहीं जुड़ सका। स्थानीय लोगों ने समाधान शिविरों में भी इस समस्या को उठाया, लेकिन हर बार सिर्फ आश्वासन ही मिला। टैंकर के भरोसे थी पूरी कॉलोनी रेनीवेल और ट्यूबवेल से आपूर्ति शुरू न होने के कारण कॉलोनी के लोग लंबे समय से टैंकरों पर निर्भर थे। इससे न सिर्फ आर्थिक बोझ बढ़ा, बल्कि रोजमर्रा की जरूरतों के लिए भी लोगों को परेशानी झेलनी पड़ी। जानकारी मिलने के बाद कमिश्नर ने दिए आदेश नगर निगम कमिश्नर धीरेंद्र खड़गटा को इसकी जानकारी मिली तो उन्होंने इंजीनियरिंग ब्रांच को तुरंत कनेक्शन जोड़ने के निर्देश दिए। इसके बाद मेन लाइन से पानी की सप्लाई शुरू कर दी गई। नगर निगम के एजीक्यूटिव इंजीनियर सतपाल ने बताया कि पर्वतीय कॉलोनी में पानी का कनेक्शन जोड़ दिया गया है और अब लोगों को पेयजल संकट से राहत मिलेगी।
पानीपत जिला कानूनी सेवा प्राधिकरण (DLSA), पानीपत के पैनल में शामिल होकर जरूरतमंदों को कानूनी सहायता देने के इच्छुक वकीलों के लिए महत्वपूर्ण खबर है। जिला एवं सत्र न्यायाधीश-कम-अध्यक्ष DLSA के मार्गदर्शन में 25 पैनल वकीलों की नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू हो गई है। इसके लिए प्राधिकरण को कुल 108 आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनका साक्षात्कार आगामी 6 और 7 फरवरी को लिया जाएगा। CJM एवं प्राधिकरण सचिव वर्षा शर्मा द्वारा जारी पत्र के अनुसार, पैनल वकीलों के चयन के लिए एक उच्च स्तरीय कमेटी गठित की गई है। इस कमेटी में अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश (ADJ) संदीप सिंह, ADJ आरके मेहता, जिला अटार्नी राजेश चौधरी और वरिष्ठ अधिवक्ता रमेश गुप्ता शामिल हैं। यह कमेटी सभी योग्य आवेदकों की काबिलियत को परखने के बाद अंतिम चयन करेगी। ये है पैनल वकील की भूमिका चयनित वकील जिला कानूनी सेवा प्राधिकरण के माध्यम से उन लोगों को कानूनी सहायता प्रदान करेंगे जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं या किसी कारणवश अपना वकील नहीं कर सकते। यह 'लीगल एड' प्रणाली का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। महत्वपूर्ण निर्देश सभी आवेदक वकीलों को निर्धारित समय और स्थान पर अपने मूल दस्तावेजों के साथ उपस्थित होने के निर्देश दिए गए हैं। जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष को भी इस संबंध में सूचित कर दिया गया है ताकि सभी संबंधित वकीलों तक यह जानकारी पहुंच सके। 25 वकीलों की जारी होगी सूची पानीपत कोर्ट में न्यायिक कार्यों में तेजी लाने और गरीबों तक कानूनी पहुंच सुनिश्चित करने की दिशा में यह एक बड़ा कदम है। इंटरव्यू के बाद जल्द ही 25 काबिल वकीलों की सूची जारी कर दी जाएगी।
पलवल जिले के कुशक गांव में एक दुकानदार पर लगभग 15 हथियारबंद हमलावरों ने हमला कर दिया। इस दौरान मौके पर मौजूद लोगों ने एक आरोपी को पकड़ लिया और उसके हाथ से देसी कट्टा छीन लिया। सूचना मिलने पर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और पकड़े गए आरोपी तथा देशी कट्टे को अपने कब्जे में ले लिया। हसनपुर थाना पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। किसी बात को लेकर मामूली विवाद हसनपुर थाना प्रभारी दिनेश कुमार के अनुसार, कुशक गांव के पिंटू ने अपनी शिकायत में बताया है कि 30 जनवरी की रात को उसका विष्णु और प्रशांत नामक युवकों से किसी बात को लेकर मामूली विवाद हो गया था। इस विवाद के बाद अगले दिन सुबह भी आरोपियों ने उसे जान से मारने की धमकी दी थी। अवैध हथियार और लाठी-डंडे लेकर पहुंचे थे बदमाश आरोप है कि शनिवार दोपहर करीब तीन बजे जब पिंटू अपनी दुकान के बाहर खड़ा था, तभी विष्णु, प्रशांत और विस्सू अपने साथ लगभग 15 अन्य लड़कों को लेकर वहां पहुंचे। हमलावरों के पास अवैध हथियार, लाठी, डंडे और लोहे की रॉड थी। हमले के दौरान मुख्य आरोपी विष्णु ने पिंटू पर देसी कट्टा तान दिया। केस दर्ज कर जांच में जुटी पुलिस इसी बीच, वहां मौजूद सचिन नामक युवक ने साहस दिखाते हुए विष्णु से देसी कट्टा छीन लिया। घटना की सूचना डायल 112 पर पुलिस को दी गई। पुलिस की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और आरोपी विष्णु को अवैध हथियार के साथ हिरासत में ले लिया। हमले में सुनील नामक एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया है, जिसका उपचार जारी है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है।
चूरू में हेरोइन के साथ युवक को पकड़ा:8 ग्राम से ज्यादा नशा जब्त, श्योराणी रोड बाइपास पर कार्रवाई
चूरू में साहवा पुलिस ने एक युवक को हेरोइन के साथ गिरफ्तार किया है। पुलिस ने साहवा बाइपास पर श्योराणी रोड के पास से युवक के कब्जे से 8.78 ग्राम हेरोइन जब्त की। युवक के पास से 33,220 रुपए नकद भी बरामद किए गए। साहवा थानाधिकारी शंकरलाल भारी ने बताया कि पुलिस ने थाना क्षेत्र में नाकाबंदी कर रखी थी। इसी दौरान बाइपास पर श्योराणी गांव के कच्चे रास्ते पर सामने से आ रहे एक युवक को रोका गया। पूछताछ के बाद युवक की तलाशी ली गई, जिसमें उसके पास से हेरोइन मिली। पुलिस के अनुसार, जब्त की गई 8.78 ग्राम हेरोइन की बाजार कीमत लगभग 1 लाख 75 हजार रुपये बताई जा रही है। पुलिस ने युवक के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।इस मामले की जांच सिद्धमुख थानाधिकारी इमरान खान कर रहे हैं। कार्रवाई करने वाली टीम में साहवा थानाधिकारी शंकरलाल भारी, एएसआई शिवभगवान, एएसआई सुल्तान सिंह, हेड कॉन्स्टेबल गणेशलाल, कॉन्स्टेबल रविंद्र कुमार, रणवीर और राजेश कुमार शामिल थे। कॉन्स्टेबल भूराराम ने इस कार्रवाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
कैमूर जिला प्रशासन ने किसानों से समर्थन मूल्य पर धान खरीद में तेजी लाने के लिए कदम उठाए हैं। जिले में अब तक 13,633 किसानों से 1,30,275 मीट्रिक टन धान की खरीद की जा चुकी है। इस वर्ष के लिए 2,34,512 मीट्रिक टन धान खरीद का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। निर्धारित लक्ष्य को पूरा करने के लिए लगभग 1 लाख मीट्रिक टन धान की खरीद अभी बाकी है। धान खरीद की अंतिम तिथि 28 फरवरी तय की गई है, जिसके अनुसार क्रय समितियों के पास अब केवल 28 दिन शेष हैं। 151 क्रय समितियों का चयन इस प्रक्रिया को गति देने के लिए जिला प्रशासन ने एक टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की, जिसमें जिले की 151 क्रय समितियों का चयन किया गया। जिलाधिकारी नितिन कुमार सिंह के निर्देश पर सहकारिता विभाग के अधिकारी स्वयं क्रय केंद्रों पर उपस्थित होकर किसानों की मौजूदगी में धान खरीद सुनिश्चित कर रहे हैं। इससे प्रक्रिया में पारदर्शिता और गति दोनों बनी हुई है। विभागीय दिशा-निर्देशों से कराया अवगत जिला सहकारिता पदाधिकारी शशिकांत शशि ने बताया कि सभी क्रय समितियों को विभागीय दिशा-निर्देशों से अवगत करा दिया गया है। यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि किसानों को धान बेचने में किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। प्रशासन का लक्ष्य है कि निर्धारित समय सीमा के भीतर अधिकतम किसानों का धान खरीदा जा सके और लक्ष्य पूरा हो।
रोहतास में रविवार को कचरे के ढेर में एक ट्रॉली बैग के अंदर युवती का शव बरामद हुआ है। युवती की उम्र 25 से 30 साल की बताई जा रही है। लड़की के साथ पहले गैंगरेप किया गया है। इसके बाद उसकी गला दबाकर हत्या की गई है। उसके सिर पर भारी चीज से मारा गया है। इतना ही नहीं, उसके चेहरे, पीठ और शरीर के आगे वाले हिस्से पर नोंचने और मारपीट के निशान हैं। शनिवार देर रात उसके शव को कचरे के ढेर में फेंकने की बात सामने आ रही है। मामला डेहरी नगर थाना क्षेत्र स्थित रेलवे स्टेशन सब्जी मंडी के पास का है। युवती सासाराम की रहने वाली बताई जा रही है। सिलसिलेवार तरीके से जानिए पूरा घटनाक्रम और बैग में किस हालत में मिली युवती की लाश… पहले 3 तस्वीरों में देखिए युवती के शव को कैसे पैक किया गया… सफाईकर्मियों की बैग पर पड़ी नजर हर दिन की तरह आज रविवार सुबह 10 बजे सफाई कर्मचारी रामपुर चौराहा के पास कचरा उठाने पहुंचे थे। इसी दौरान उनकी नजर वहां फेंके गए एक लाल ट्रॉली बैग पर पड़ी, जो बंद थी। बैग से दुर्गंध आने पर उन्होंने इसकी सूचना स्थानीय लोगों को दी। कुछ ही मिनटों में मौके पर भीड़ जमा हो गई। इसके बाद लोगों ने पुलिस को फोन किया और घटना के बारे में बताया। गैंगरेप के बाद हत्या करीब 10.30 बजे पुलिस टीम FSL टीम के साथ मौके पर पहुंची। उन्होंने बैग खोलकर देखा तो अंदर 25 से 30 साल की एक युवती का शव मिला। शव को प्लानिंग के साथ बैग में पैक किया गया था। जिससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि युवती की हत्या कहीं और कर शव को यहां फेंका गया है। पुलिस के अनुसार, शव दो से तीन दिन पुराना बताया जा रहा है। युवती के शरीर पर चोट के कई निशान मिले हैं। उसके शरीर पर कपड़े भी नहीं है। वहीं, प्राइवेट पार्ट पर गहरा चोट है, जिसको लेकर FSL टीम का कहना है लड़की का गैंगरेप हुआ है। इसके बाद उसकी हत्या की गई है। बोरे में पैक कर टेप से चिपकाया मर्डर के बाद युवती के शरीर को मोड़कर पहले बोरे में पैक किया गया है। उसपर टेप चिपकाया गया है। इसके बाद आरोपियों ने मिलकर युवती के शव को बड़े लाल ट्रॉली बैग में बंद किया। इसके बाद भी मन नहीं भरा तो आरोपी ने बैग को प्लास्टिक से बांध दिया था, ताकि को कोई उसे खोल न सके। शनिवार देर रात उसके शव को कचरे के ढेर में फेंकने की बात सामने आ रही है। मामला डेहरी नगर थाना क्षेत्र स्थित रेलवे स्टेशन सब्जी मंडी के पास का है। युवती सासाराम की रहने वाली बताई जा रही है। CCTV खंगाल रही पुलिस पुलिस ने घटनास्थल से फिंगरप्रिंट और फॉरेंसिक साक्ष्य जुटाए हैं। आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज भी खंगाला जा रहा है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि बैग यहां कब और किसने फेंका। फिलहाल, युवती की पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस ने उसके फोटो को आसपास के थानों और लापता सूची से मिलान के लिए भेजा है। डेहरी एसडीपीओ गौरव कुमार यादव ने बताया, मामला बेहद संवेदनशील है। हर बिंदु पर जांच जारी है। जल्द ही घटना के पीछे का सच सामने लाने का दावा किया गया है। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। ------------ इसे भी पढ़िए… शंभू गर्ल्स हॉस्टल में 6 जनवरी को क्या हुआ,देखिए VIDEO:कैसे खोला दरवाजा, लड़कियां क्या चिल्ला रही थीं, कौन-कौन अंदर घुसा पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में NEET छात्रा की संदिग्ध मौत मामले में बड़ा अपडेट सामने आ रहा है। भास्कर के पास 9:54 सेकेंड का शंभू गर्ल्स हॉस्टल के अंदर का एक्सक्लूसिव CCTV फुटेज सामने आया है। इस फुटेज में बार-बार दरवाजा खटखटाना, लड़की को नाम लेकर पुकारना, एक दो महिलाओं और पुरुषों की की एंट्री दिखाई दे रही है। पूरी खबर पढ़ें।
दतिया में विधानसभा चुनाव के दौरान बसपा प्रत्याशी लोकेंद्र नेताजी के साथ मारपीट के मामले में मुख्य आरोपी धर्मेश अहिरवार उर्फ राजा बड़ौनी अब भी पुलिस की पकड़ से दूर है। कोर्ट ने हत्या के प्रयास के प्रकरण में उसकी जमानत खारिज कर दी है और गिरफ्तारी वारंट भी जारी है। इसके बावजूद वह खुलेआम सोशल मीडिया पर सक्रिय है और वीडियो जारी कर पुलिस-प्रशासन को सीधी चुनौती दे रहा है। हाल ही में अभिषेक पालिया नामक युवक की आईडी से एक वीडियो वायरल हुआ है। इसमें आरोपी राजा बड़ौनी अपने समर्थक आकाश जाटव के साथ दिखाई दे रहा है। वीडियो में मारपीट को जायज ठहराते हुए प्रशासन को खुली धमकी दी गई है। वीडियो में कहा गया है कि यदि राजा बड़ौनी और उसके परिवार को परेशान किया गया, तो अंजाम अच्छा नहीं होगा। इसमें दावा किया गया है कि राजा को पूरी टीम और सिस्टम का सपोर्ट हासिल है। 24 घंटे पहले डाला वीडियो, पुलिस के हाथ खाली हैरानी की बात यह है कि आरोपी का वीडियो महज 24 घंटे पहले ही अपलोड किया गया है, फिर भी पुलिस उसे ट्रैक नहीं कर पाई है। वायरल वीडियो में लोकेंद्र नेताजी के साथ मारपीट का पुराना वीडियो भी जोड़ा गया है। TI बोले- साइबर सेल की मदद ले रहे टीआई दिनेश राजपूत का कहना है कि साइबर टीम के साथ पुलिस की टीमें लगी हुई हैं। जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। बता दें कि इस मामले में एक अन्य आरोपी को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है, लेकिन मुख्य आरोपी राजा बड़ौनी अब भी फरार है।
पाकुड़ जिले में माघी पूर्णिमा और संत रविदास जयंती को लेकर श्रद्धालुओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। रविवार को तड़के से ही बड़ी संख्या में लोग गंगा स्नान और पूजा-अर्चना के लिए घरों से निकल पड़े। माघी पूर्णिमा के अवसर पर जिले के श्रद्धालु पश्चिम बंगाल के धूलियान, फरक्का, जंगीपुर और साहिबगंज जिले के राजमहल स्थित गंगा घाटों पर स्नान के लिए पहुंचे। गंगा स्नान के बाद श्रद्धालुओं ने विधिवत पूजा-अर्चना की और व्रत-दान कर पुण्य अर्जित किया। कई श्रद्धालु सुबह से ही ट्रेनों और निजी वाहनों से राजमहल पहुंचे, जहां माघी पूर्णिमा को लेकर विशेष धार्मिक माहौल देखने को मिला। बाजारों में रौनक, आदिवासी समुदाय में विशेष उत्साह माघी पूर्णिमा को लेकर जिले के बाजारों में भी खास रौनक रही। फल, फूल और पूजा सामग्री की दुकानों पर सुबह से ही भीड़ जुटी रही। वहीं, राजमहल में लगने वाले माघी पूर्णिमा मेले को देखने के लिए भी बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। आदिवासी समुदाय के लोगों में इस पर्व को लेकर खास उत्साह देखा गया। आदिवासी समाज के लोग राजमहल के गंगा तट पर लगने वाले मेले को ‘कुंभ मेला’ के रूप में मानते हैं। इस दौरान वे अपने पुरोहितों और गुरुओं के साथ गंगा स्नान कर धार्मिक अनुष्ठानों में शामिल हुए और इसके बाद मेले का आनंद लिया। धार्मिक उल्लास के बीच मेलों में खरीदारी और सांस्कृतिक गतिविधियां भी देखने को मिलीं। मंदिरों में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पश्चिम बंगाल के गंगा घाटों की ओर जाने से शहर के रेलवे फाटक और मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के पाकुड़-धूलियान मुख्य मार्ग पर लंबा जाम लग गया। इससे लोगों को आवागमन में काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। वहीं, जिले के महेशपुर, हिरणपुर सहित अन्य प्रखंडों के लोगों ने भी गंगा स्नान कर अपने-अपने इलाकों के मंदिरों में पूजा-अर्चना की। शहर के मनोकामना मंदिर, महाकाल मंदिर, दूधनाथ मंदिर, जटाधारी मंदिर और ठाकुरबाड़ी मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। कई घरों में भगवान सत्यनारायण की कथा का आयोजन किया गया। इसी दिन संत रविदास जयंती भी श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई।
पलवल में नाबालिग लड़की के साथ छेड़छाड़:घर के बाहर अलाव सेक रही थी; गांव के युवक ने की वारदात
पलवल जिले में चांदहट थाना अंतर्गत एक गांव में नाबालिग लड़की के साथ छेड़छाड़ कर अश्लील हरकत करने का मामला प्रकाश में आया है। चांदहट थाना पुलिस ने पीड़िता की मां की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ पोक्सो एक्ट सहित अन्य धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मां हाथ-पैर धोने अंदर गई थी चांदहट थाना प्रभारी जगदीश प्रसाद के अनुसार, थाना क्षेत्र के एक गांव की महिला ने दी शिकायत में कहा कि वह पिछले 15 वर्षों से उक्त गांव में अपने परिवार के साथ रहती है और उसके पति राज मिस्त्री का काम करते है। घटना 19 जनवरी 2026 की शाम करीब छह बजे की है। उसकी 12 वर्षीय बेटी घर के बाहर अलाव (आग) पर हाथ सेक रही थी। इसी दौरान वह (नाबालिग की मां) हाथ-पैर धोने के लिए घर के अंदर चली गई। गांव के युवक ने की छेड़छाड़ आरोप है कि उसी दौरान मौके का फायदा उठाकर गांव का ही राजेंद्र नामक युवक आया और उसने मासूम लड़की के साथ छेड़छाड़ और अश्लील हरकतें शुरू कर दी। महिला ने शिकायत में कहा कि घटना के समय उसका पति गांव से बाहर काम पर गया हुआ था। शनिवार को जब उसका पति घर वापस लौटा, तो उसे पूरी बात अपने पति को बताई। जिसके बाद परिवार ने चांदहट थाना जाकर इसकी लिखित शिकायत पुलिस को दी। केस दर्ज कर जांच में जुटी पुलिस वहीं पुलिस ने महिला की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ पोक्सो एक्ट सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है आरोपी की तलाश में पुलिस की टीम जुटी हुई है, जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
बिहारशरीफ से बीजेपी विधायक और पूर्व मंत्री डॉक्टर सुनील कुमार ने केंद्रीय बजट 2026 को युवाओं, महिलाओं और किसानों के लिए एक विशेष सौगात करार दिया है। केंद्रीय बजट पर आयोजित संवाद कार्यक्रम में कहा कि यह बजट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने के संकल्प को साकार करने की दिशा में एक मजबूत आधार तैयार करता है। जिस तरह से वित्त मंत्री ने आधार तैयार किया है, भारत निश्चित तौर पर 2047 से पहले ही विकसित राष्ट्र बन जाएगा। 2011 में भारत विश्व में ग्यारहवें स्थान पर था, जबकि पिछले 11 वर्षों में देश तीसरे स्थान पर पहुंच गया है। अगर यही गति रही तो 2030 तक भारत विश्व में पहले स्थान पर आ सकता है और 2047 से पहले ही विकसित राष्ट्र बनने का लक्ष्य प्राप्त हो सकता है। विकसित भारत का रोडमैप बजट की प्रमुख घोषणाओं का जिक्र करते हुए कहा कि देश में पांच मेडिकल हब स्थापित किए जाएंगे। 5 लाख से अधिक आबादी वाले सभी जिला नगरों को विकसित किया जाएगा। प्रत्येक जिला अस्पताल की क्षमता में 50 प्रतिशत की वृद्धि होगी। सभी जिलों में महिलाओं के लिए छात्रावास बनाए जाएंगे। 200 विरासत स्थलों का पुनर्निर्माण और पुनर्जीवीकरण किया जाएगा। विरासत स्थलों के विकास से विदेशी पर्यटकों को आकर्षित करने में मदद मिलेगी और भारत विश्व में एक आकर्षक गंतव्य के रूप में उभरेगा। विकसित भारत गारंटी रोजगार आजीविका मिशन ग्रामीण (VB GRAM G) जिला स्तरीय कार्यशाला में विधायक ने विकसित भारत गारंटी रोजगार आजीविका मिशन ग्रामीण योजना की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि विपक्षी दलों को राम नाम से ही आपत्ति है, जबकि इस योजना का संक्षिप्त नाम अंग्रेजी में जोड़ने पर VB GRAM G बनता है। योजना की प्रमुख विशेषताएं रोजगार गारंटी- 125 दिन की रोजगार गारंटी, जिसमें से 60 दिन बुआई और कटाई के समय योजना शिथिल रहेगी, ताकि किसानों को मजदूर मिल सके। त्वरित भुगतान- हर 7 दिन में भुगतान की व्यवस्था। अगर 15 दिन तक रोजगार उपलब्ध नहीं कराया गया तो हर्जाना देना होगा। विशेष प्रावधान- वन क्षेत्रों में अनुसूचित जाति और जनजाति के लिए 25 दिन का अतिरिक्त रोजगार, यानी कुल 150 दिन की गारंटी। बजट आवंटन- प्रतिवर्ष 1,51,000 करोड़ रुपए का प्रावधान। मनरेगा बनाम VB GRAM G: तुलनात्मक विश्लेषण विधायक ने पिछली सरकारों की योजनाओं की तुलना करते हुए कहा कि कांग्रेस ने बार-बार योजनाओं के नाम बदले। कभी जवाहर रोजगार योजना, कभी इंदिरा आवास योजना। 2006 से शुरू हुई मनरेगा योजना में अब तक कुल 11,74,000 करोड़ रुपए खर्च हुए हैं, जिसमें से 8,53,000 करोड़ रुपए हमारी सरकार ने 2014 के बाद खर्च किए हैं। इसके विपरीत, 2006 से 2014 तक केवल 3,21,000 करोड़ रुपए ही खर्च किए गए। गरीबी उन्मूलन में उल्लेखनीय सफलता डॉ. सुनील कुमार ने गरीबी उन्मूलन के आंकड़े साझा करते हुए बताया कि 2011-12 में देश में 25.86 प्रतिशत लोग गरीबी रेखा से नीचे थे। 2023-24 की समीक्षा में 25 करोड़ लोग गरीबी रेखा से ऊपर आए और अब केवल 4.75 प्रतिशत लोग ही गरीबी रेखा से नीचे हैं। विपक्ष पर निशाना विपक्ष पर निशाना साधते हुए डॉ. सुनील कुमार ने कहा कि राम राज्य की कल्पना गांधीजी ने भी की थी। अंतिम समय में उन्होंने ‘हे राम’ कहा था। विपक्षी दल राम नाम सुनकर ही व्याकुल हो जाते हैं, जबकि यह योजना ग्रामीण गरीबों के कल्याण के लिए है।
कोरबा के दर्री थाना क्षेत्र में सीपेड के पास सड़क पर एक बाइक सवार खून से लथपथ पड़ा मिला। राहगीरों ने इसकी सूचना 112 और दर्री पुलिस को दी। मौके पर पहुंची 112 की टीम ने पाया कि बाइक क्षतिग्रस्त थी और सवार की मौत हो चुकी थी। शव को जिला मेडिकल कॉलेज के शव कक्ष में रखवाया गया। मृतक की पहचान 26 वर्षीय दीपेंद्र पटेल के रूप में हुई, जो कटघोरा के बरपाली गांव का निवासी था। पुलिस ने उसके परिजनों को फोन पर घटना की सूचना दी। घर से ड्यूटी के लिए निकला था जानकारी के अनुसार, दीपेंद्र पटेल कल रात करीब 10 बजे अपने घर बरपाली से दर्री स्थित सीएसईबी पावर प्लांट में ड्यूटी के लिए निकला था। सीपेड के पास एक तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने उसे टक्कर मार दी और मौके से फरार हो गया। दुर्घटना इतनी भीषण थी कि दीपेंद्र की मौके पर ही मौत हो गई। उसके चेहरे और सीने पर गंभीर चोटें आई थीं। घर का इकलौता कमाने वाला था परिजनों ने बताया कि, दीपेंद्र सीएसईबी में सुरक्षा गार्ड के पद पर कार्यरत था। घर का एकमात्र कमाने वाला सदस्य था। वह रोज की तरह रात में खाना खाने के बाद ड्यूटी के लिए निकला था। परिजनों को फोन पर घटना की जानकारी मिली और वे मौके पर पहुंचे, जहां दीपेंद्र की मौत हो चुकी थी। पुलिस के अनुसार, दीपेंद्र पटेल की मौत सड़क हादसे में हुई है। हालांकि, यह दुर्घटना कब, कैसे और किन परिस्थितियों में हुई, यह जांच का विषय है। पुलिस ने फिलहाल परिजनों के बयान दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
जयपुर में एक बार फिर काली थार का आतंक, VIDEO:चार कारों को मारी टक्कर, लोगों पर जीप चढ़ाने की कोशिश
जयपुर में शनिवार दोपहर ब्लैक थार जीप से जमकर आतंक मचाया। घरों के बाहर खड़ी चार कारों को टक्कर मारकर क्षतिग्रस्त कर दिया। रोकने की कोशिश करने पर लोगों पर थार जीप चढ़ाने का प्रयास किया गया। शिप्रापथ थाना पुलिस की ओर से FIR दर्ज कर थार जीप व ड्राइवर की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस ने बताया- शिप्रापथ थाने में तैनात एसआई देवेन्द्र सिंह की ओर से FIR दर्ज की गई है। वह शनिवार दोपहर को गश्त पर थे। गश्त करते हुए मध्यम मार्ग मानसरोवर स्थित सेक्टर-11 में पहुंचे। विजय पथ पर बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ लगी हुई थी। लोगों से पूछताछ करने पर पता चला कि ब्लैक कलर की थार ने कॉलोनी में आतंक मचाया। ब्लैक कलर की थार में कुछ युवक सवार थे। कॉलोनी की सकड़ी गलियों में भी थार जीप को ओवर स्पीड में दौड़ा गया। कॉलोनी में थार जीप से घरों के बाहर खड़ी 4 कारों को टक्कर मारकर क्षतिग्रस्त कर दिया। तस्वीरों में देखिए पूरा घटनाक्रम… लोगों के इकट्ठा होने पर हुआ फरार तेज धमाके की आवाज होने पर कॉलोनी के लोग अपने-अपने घरों से बाहर आ गए। रोड पर निकलकर देखने पर ब्लैक कलर की थार घरों के बाहर खड़ी कारों को टक्कर मारकर तोड़ चुकी थी। तेज रफ्तार में दौड़ाई थार लोगों ने जीप सवार को रोकने का प्रयास किया। बचने के लिए ड्राइवर ने थार जीप चढ़ाने की कोशिश की। साइड हटकर वहां मौजूद लोगों ने अपनी जान बचाई। जिसके बाद ड्राइवर ओवर स्पीड में थार जीप को लेकर फरार हो गया।

