ईरान और अमेरिका तनाव के कारण कच्चे तेल की कीमतों में भारी मूल्य वृद्धि : गीता कोड़ा
चाईबासा| महंगाई के मुद्दे को लेकर झारखंड मुक्ति मोर्चा एवं कांग्रेस द्वारा प्रधानमंत्री का पुतला दहन किए जाने पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष गीता कोड़ा ने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि विपक्ष द्वारा आपदा में अवसर खोजने की राजनीति उनकी गिर चुकी मानसिकता का परिचायक है। आज पूरा विश्व वैश्विक आर्थिक संकट के दौर से गुजर रहा है। ईरान-अमेरिका तनाव और अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों के कारण कच्चे तेल की कीमतों में भारी वृद्धि हुई है। समुद्री आपूर्ति मार्ग भी प्रभावित हो रहे हैं, जिसका सीधा असर भारतीय अर्थव्यवस्था, दैनिक उपयोग की वस्तुओं तथा रसोई के खर्च पर पड़ना स्वाभाविक है। गीता कोड़ा ने कहा कि प्रधानमंत्री लगातार देशवासियों से अपील कर रहे हैं कि अनावश्यक विलासिता की वस्तुओं की खरीदारी कम करें तथा ऐसी वस्तुओं से बचें जिनमें विदेशी मुद्रा का अत्यधिक व्यय होता है। यहां तक कि सोना-चांदी जैसी बहुमूल्य धातुओं की खरीदारी सीमित करने की सलाह भी दी गई, लेकिन विपक्ष जनता को जागरूक करने के बजाय उसका मजाक उड़ाने में लगा है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या राज्य सरकार की नैतिक जिम्मेदारी नहीं बनती कि वह गरीब, आदिवासी एवं मूलवासी परिवारों को राहत पहुंचाने के लिए सार्वजनिक वितरण प्रणाली का विस्तार करे और चीनी, दाल, खाद्य तेल जैसी आवश्यक वस्तुएं सस्ती दरों पर उपलब्ध कराए।
अमेरिका ने पोलैंड में 4,000 सैनिकों की तैनाती रोकी
अमेरिका ने यूरोप में सैन्य पुनर्गठन के तहत पोलैंड में 4,000 सैनिकों की तैनाती रद्द कर दी है. इस फैसले पर सहयोगियों और अमेरिकी नेताओं ने चिंता जताई, जबकि जर्मनी से सैनिक हटाने की प्रक्रिया भी जारी है
यमुनानगर के फरकपुर क्षेत्र में मंडेबर रोड स्थित कार्यालय में प्रॉपर्टी डीलर कलीराम की दिनदहाड़े हुई हत्या का मामला लगातार उलझता जा रहा है। वारदात के 48 घंटे बाद भी पुलिस के हाथ कोई ठोस सुराग नहीं लग पाया है। जांच में अब कई नए पहलू सामने आए हैं, जिनमें सोने का कड़ा और अंगूठी गायब होना सबसे बड़ा सवाल बन गया है। पुलिस अब हत्या के पीछे प्रॉपर्टी विवाद, आपसी रंजिश और लूटपाट तीनों संभावनाओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि हमलावरों ने कलीराम पर बेहद बेरहमी से हमला किया था। शरीर पर सात से अधिक गहरे घाव मिले हैं। चेहरे, गर्दन, सिर और सीने पर तेजधार हथियार से वार किए गए थे। अत्यधिक खून बहने के कारण उनकी मौत हुई। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि जिस तरीके से हमला किया गया, उससे साफ है कि आरोपी कलीराम की हत्या सुनिश्चित करना चाहते थे। लूट के एंगल से भी हो रही जांच जांच के दौरान परिजनों ने पुलिस को बताया कि, कलीराम के हाथ में पहना सोने का कड़ा और अंगूठी गायब हैं। इसी बात ने मामले को और रहस्यमयी बना दिया है। पुलिस का कहना है कि यदि हत्या केवल रंजिश में की गई होती तो आरोपी वारदात के बाद जेवर निकालने का जोखिम शायद नहीं उठाते। वहीं, दूसरी ओर आशंका यह भी जताई जा रही है कि जांच को गुमराह करने के लिए आरोपियों ने वारदात के बाद कड़ा और अंगूठी उतार ली हो। पुलिस अब इस संभावना पर भी काम कर रही है कि हत्या के पीछे लूट का एंगल भी हो सकता है। स्लम एरिया में लोगों को प्लॉट दिलवाने का करते थे काम मृतक के भतीजे संजीव कुमार के बयान पर थाना फरकपुर में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है। संजीव ने पुलिस को बताया कि उसके चाचा कलीराम निवासी हरनोल मंडेबर रोड पर गणपति प्रॉपर्टी एडवाइजर के नाम से कार्यालय चलाते थे और आसपास के स्लम एरिया में लोगों को प्लॉट दिलवाने का काम करते थे। रोजाना की तरह, शुक्रवार सुबह भी वह कार्यालय गए थे, लेकिन दोपहर तक घर नहीं लौटे। कई बार फोन करने के बावजूद कॉल रिसीव नहीं हुई। शाम करीब पौने छह बजे परिवार को हत्या की सूचना मिली। अमेरिका से नहीं आया इकलौता बेटा, भतीजे ने दी मुखाग्नि घटना स्थल मुख्य सड़क पर स्थित होने और आसपास घनी आबादी होने के बावजूद दिनदहाड़े हत्या होना पुलिस के लिए सबसे बड़ी चुनौती बना हुआ है। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। इसके अलावा कलीराम के मोबाइल कॉल रिकॉर्ड, लेन-देन और हाल ही के प्रॉपर्टी विवादों की भी जांच की जा रही है। सीआईए यूनिट और फोरेंसिक टीम लगातार साक्ष्य जुटाने में लगी हुई है। इधर, हत्या के बाद परिवार में एक और भावुक घटनाक्रम सामने आया। कलीराम का इकलौता बेटा रजेश अमेरिका में रहता है। वारदात के बाद भतीजे संजीव ने वीडियो कॉल के जरिए उसे पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी और पिता का शव भी दिखाया। इसके बावजूद राजेश भारत नहीं आया। शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद कलीराम का अंतिम संस्कार किया गया, जहां भतीजे संजीव ने मुखाग्नि दी। पुलिस फिलहाल हत्या के हर एंगल को जोड़कर जांच आगे बढ़ा रही है और दावा कर रही है कि जल्द ही आरोपियों तक पहुंचने के लिए अहम सुराग मिल सकते हैं।
अमेरिका और ब्रिटेन की महिलाओं के नाम पर फर्जी आईडी बनाकर ठगता था नाइजीरियाई नागरिक, गिरफ्तार
उत्तर प्रदेश एसटीएफ ने शनिवार को एक ऐसे शख्स को दक्षिण दिल्ली से गिरफ्तार किया है, जो सोशल मीडिया पर अमेरिका और ब्रिटेन के महिलाओं के नाम की फर्जी आईडी बनाकर भारतीय पुरुषों को ठगता था। आरोपी के पास तीन मोबाइल और चार सिम कार्ड बरामद किए गए।
गाजियाबाद की छात्रा जाह्नवी गोयल ने अमेरिका की प्रतिष्ठित डेनिसन यूनिवर्सिटी में प्रवेश हासिल कर जिले का नाम रोशन किया है। उन्हें इकोनॉमिक्स एंड ग्लोबल कॉमर्स में डबल मेजर कोर्स के लिए करीब 3 करोड़ रुपये की स्कॉलरशिप भी मिली है। जाह्नवी दिल्ली पब्लिक स्कूल में कक्षा 12 कॉमर्स सत्र 2025-26 की छात्रा हैं। जाह्नवी ने सीबीएसई कक्षा 12 में 96.2 प्रतिशत अंक हासिल किए हैं। इससे पहले भी वह कक्षा 10 के टॉपर्स में शामिल रह चुकी हैं। जाह्नवी ने बताया कि वह अपने लक्ष्य को लेकर बेहद गंभीर थीं और कई बार रोजाना करीब 12 घंटे तक पढ़ाई करती थीं। उनका कहना है कि लगातार मेहनत, सही टाइम मैनेजमेंट और खुद पर भरोसा ही सफलता की सबसे बड़ी कुंजी है। लंबे समय से कर रही थीं तैयारीविदेश में पढ़ाई करना जाह्नवी का सपना था, जिसके लिए उन्होंने काफी पहले से तैयारी शुरू कर दी थी। पढ़ाई के साथ-साथ उन्होंने कम्युनिकेशन स्किल्स, एक्स्ट्रा करिकुलर एक्टिविटीज और ग्लोबल बिजनेस से जुड़े विषयों पर भी विशेष ध्यान दिया। इसी तैयारी का नतीजा रहा कि उन्हें अमेरिका की प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटी में इतनी बड़ी स्कॉलरशिप के साथ प्रवेश मिला। परिवार और स्कूल में खुशी का माहौलजाह्नवी की इस सफलता से परिवार में खुशी का माहौल है। उनके दोस्त और शिक्षक भी इस उपलब्धि को लेकर उत्साहित हैं। स्कूल की प्रधानाचार्या प्रीति वासन ने जाह्नवी और उनके परिवार को बधाई देते हुए कहा कि यह उपलब्धि अन्य छात्रों के लिए भी प्रेरणा बनेगी। जाह्नवी गोयल की सफलता ने यह साबित कर दिया कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और ईमानदारी से मेहनत की जाए, तो बड़ी से बड़ी उपलब्धि हासिल की जा सकती है। उनकी यह कामयाबी अब हजारों छात्रों के लिए प्रेरणास्रोत बन गई है।
ट्रंप का बड़ा बयान: बाइडन दौर में गिरता हुआ देश बन गया था अमेरिका
डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लंबा पोस्ट लिखते हुए दावा किया कि जो बाइडन की नीतियों ने अमेरिका को आर्थिक, सामाजिक और सुरक्षा के स्तर पर कमजोर कर दिया। उन्होंने कहा कि खुली सीमा नीति के कारण अमेरिका में अवैध प्रवासियों की संख्या तेजी से बढ़ी और इससे देश की सुरक्षा व्यवस्था प्रभावित हुई।
चीन टैरिफ से बचना चाहता है तो अमेरिका में बनाए कारखाने : ट्रंप
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि अगर चीन अमेरिका से टैरिफ से बचना चाहता है, तो उसे अमेरिका में कारखाने लगाने चाहिए और अमेरिकियों को नौकरी देनी चाहिए
पेंटागन ने पोलैंड में 4,000 से अधिक अमेरिकी सैनिकों को तैनात करने की योजना रद्द की
पेंटागन ने अमेरिका में तैनात 4,000 से अधिक सैनिकों को अस्थायी रूप से पोलैंड भेजने की योजना रद्द कर दी है। कई अमेरिकी मीडिया संस्थानों ने अमेरिकी अधिकारियों के हवाले से यह जानकारी दी। इसके साथ ही
क्या अमेरिका के पास है ईरान का यूरेनियम हटाने का कोई प्लान?
ईरान का परमाणु कार्यक्रम दशकों से विवादों का कारण रहा है। आज कई ईरानी नागरिक ‘येलोकेक', ‘सेंट्रीफ्यूज' और ‘संवर्धन' जैसे शब्दों को संकट, अस्थिरता और युद्ध से जोड़कर देखते हैं। यूरेनियम संवर्धन पर सरकार की जिद के कारण देश पर कड़े प्रतिबंध लगे हैं। ...
ड्रोन भविष्य के युद्ध की दिशा तय करेंगे, समय के साथ चलना जरूरी : अमेरिकी सेना
अमेरिकी सेना ने लॉमेकर्स को बताया है कि ड्रोन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और बिना इंसानी नियंत्रण वाले सिस्टम आधुनिक युद्ध का तरीका तेजी से बदल रहे हैं
इंडो अमेरिकन पब्लिक स्कूल का 100% परीक्षा परिणाम, 18 छात्रों ने 91 प्रतिशत से अधिक अंक
उदयपुर | इंडो अमेरिकन पब्लिक स्कूल का इस वर्ष परिणाम 100 प्रतिशत रहा। प्राचार्या डॉ. रीनिका राय ने बताया कि छात्रों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। लगभग 18 छात्रों ने 91 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल किए हैं। परिणाम पूरी तरह शानदार रहा। वाणिज्य में धैर्य जैन ने 96 प्रतिशत, कला में वैष्णवी जोशी ने 93 प्रतिशत और विज्ञान में रुद्रांश खंडेलवाल ने 91 प्रतिशत अंक हासिल किए। इसके अलावा पांच छात्रों ने ग्राफिक डिजाइन में 100 में से 100 अंक प्राप्त किए। चार छात्रों ने कंप्यूटर साइंस में शत-प्रतिशत अंक हासिल किए। यह सफलता छात्रों और शिक्षकों की मेहनत का परिणाम है। संस्थापक डॉक्टर गणेश हडपावत, अध्यक्ष मोहित नागौरी और सचिव शुभम कोठारी ने बधाई दी।
ब्रुकलिन की 35 वर्षीय सॉफ्टवेयर इंजीनियर एलेनोर लुई की कहानी आज हर दूसरे शख्स की कहानी है। एलेनोर हर महीने ऐसे वीडियो गेम के लिए भुगतान कर रही हैं, जिसमें उन्हें कोई दिलचस्पी नहीं है। वह कहती हैं, ‘मैंने 5 साल से यह गेम नहीं खेला है। पर समझ नहीं आ रहा कि इससे पीछा कैसे छुड़ाऊं...।’ यह तो सिर्फ बानगी है। अगर आप क्रेडिट कार्ड का स्टेटमेंट या यूपीआई की ऑटो-डेबिट हिस्ट्री खंगालेंगे, तो हैरान रह जाएंगे। वहां लंबी फेहरिस्त मिलेगी- स्ट्रीमिंग एप, क्लाउड स्टोरेज, ई-कॉमर्स साइट्स की प्राइम मेंबरशिप, जिम व फिटनेस एप्स और यहां तक कि आरओ मशीन भी... सबकुछ सब्सक्रिप्शन मॉडल पर आ गया है। और तो और अब ‘सब्सक्रिप्शन’ के अंदर भी एक और सब्सक्रिप्शन छिपा होता है। किसी ओटीटी प्लेटफॉर्म का बेस पैक लीजिए, फिर उसमें बिना एड के कंटेंट या लाइव स्पोर्ट्स देखने के लिए ‘प्रीमियम’ का खर्च अलग। और यह याद रखने के लिए कि कौन सा रीचार्ज कब खत्म हो रहा है- सारे सब्सक्रिप्शन ट्रैक करने वाले एक और एप की मेंबरशिप लेनी पड़ती है। ब्रिटिश प्लेटफॉर्म ‘बैंगो’ की स्टडी के मुताबिक ब्रिटेन व अमेरिका में एक औसत व्यक्ति हर माह करीब 5,700 से 16 हजार रु. खर्च कर रहा है। हार्वर्ड बिजनेस स्कूल की रिपोर्ट के अनुसार सीधे ग्राहकों को सामान बेचने वाली 75% कंपनियां सब्सक्रिप्शन मॉडल अपना चुकी हैं। जॉर्ज वॉशिंगटन यूनिवर्सिटी के प्रो. गिल एपल कहते हैं, कंपनियां चालाकी से चीजें अलग-अलग बेचती हैं। जैसे दही खरीदें पर चम्मच सब्सक्रिप्शन पर लें। सामान्य रूप से यह संभव नहीं है, पर एप्स की दुनिया में यह आम है। इसका सबसे पेचीदा पहलू ‘कैंसिलेशन’ है। कंपनियों के एप्स में ‘सब्सक्राइब’ करना आसान होता है, पर उसे बंद करना बेहद कठिन। इसकी प्रक्रिया लंबी और उलझी होती है या कस्टमर केयर पर लंबा इंतजार करना पड़ता है। प्रो. एपल कहते हैं,‘अगली बार जब किसी एप पर ‘स्टार्ट सब्सक्रिप्शन’ पर क्लिक करें, तो ध्यान रखें- शुरुआत आसान दिखेगी, पर हर महीने कटने वाला छोटा हिस्सा कंपनियों को ताकतवर और आपको लाचार बना देगा।’ स्टेटमेंट का ऑडिट करें, सालाना के बजाय मंथली प्लान बेहतर अमेरिकी फाइनेंस एक्सपर्ट व ‘आई विल टीच यू टू बी रिच’ के लेखक रमित सेठी के अनुसार, सब्सक्रिप्शन के चक्रव्यूह से निकलने का सबसे प्रभावी तरीका सचेत होकर खर्च करना है। अपने बैंक स्टेटमेंट का ‘निर्दयी ऑडिट’ करें, जिस सेवा का इस्तेमाल 30 दिनों में नहीं किया है, उसे बिना सोचे तुरंत कैंसल कर देना चाहिए। किसी भी ‘फ्री ट्रायल’ के लिए साइन-अप करते ही उसे तुरंत कैंसल कर दें, ताकि ट्रायल अवधि का फायदा भी उठा सकें और भविष्य में भूलवश कटने वाले पैसों से भी बच जाएं। सालाना डिस्काउंट के बजाय मासिक प्लान बेहतर है क्योंकि हर महीने जेब से कटने वाला पैसा आपको सचेत रखता है।
हरियाणा के कुरुक्षेत्र का युवक अमेरिका में एक स्टोर में गन प्वाइंट पर रॉबरी करने आए बदमाश से भिड़ गया। उसने हिम्मत दिखाते हुए बदमाश पर हमला कर उसे स्टोर में बंद कर दिया और पुलिस को सूचना दी। बाद में अमेरिकी पुलिस ने मौके पर पहुंचकर बदमाश को काबू कर लिया। घटना अमेरिका के कैलिफोर्निया के डाउन टाऊन की है। बदमाश ने आते ही युवक पर गन तान दी और उसे कैश काउंटर की तरफ लेकर गया। रविंदर सिंह पिहोवा के इस्हाक गांव का रहने वाला है। डाउन टाउन में उसका खुद का स्टोर है। रविंदर सिंह अपने स्टोर पर अकेला था। इसी दौरान हथियारबंद बदमाश उसके स्टोर में रॉबरी करने आया था, लेकिन रविंदर ने बदमाश को अच्छा सबक सिखाया। युवक ने बदमाश का वीडियो भी शेयर किया है। आते ही तानी गन रविंदर सिंह ने बताया कि बदमाश ने आते ही उस पर गन तान दी। हालांकि उसके पास भी गन है, लेकिन बदमाश ने उसे निकालने का टाइम नहीं दिया। डरा-धमका बदमाश उसे कैश काउंटर की तरफ ले आया। यहां बदमाश उसके काउंटर से कैश निकालने लगा, तभी उसने बदमाश पर हमला कर दिया। थप्पड-मुक्के मारे मैंने उस बदमाश को थप्पड़ मारा और सिर में मुक्के मारे। इसके बाद बदमाश डर गया और नीचे गिर गया। मैं मौका संभालते हुए स्टोर से बाहर आ गया और स्टोर को लॉक कर दिया। बाहर आकर उसने तुरंत पुलिस को सूचना दी। कुछ देर बाद पुलिस मौके पर पहुंचे और बदमाश को काबू करके अपने साथ ले गई। गाड़ी में आया था बदमाश बदमाश गाड़ी में आया था और गाड़ी बाहर खड़ी करके सीधा अंदर घुस आया। उसे लगा कोई कस्टर सामान खरीदने के लिए आया है। उसे जरा भी अंदाजा नहीं था कि बदमाश उसे बंधक बना लेगा। उसने थोड़ी हिम्मत करके बदमाश पर हमला किया। पुलिस ने उस बदमाश की कार को भी कब्जे में लिया है। 5 साल पहले गया अमेरिका रविंदर सिंह करीब 5 पहले अमेरिका गया था। अमेरिका पहुंचने में उसे तकरीबन एक साल का समय लगा। उसके बाद 2 साल उसने कैंप में काटे। फिर यहां से निकलने के बाद उसने कुछ समय ईधर-उधर काम किया। अभी कुछ समय पहले ही उसने डाउन टाऊन में अपना स्टोर खोला है।
ईरान और अमेरिका के बीच जारी तनाव के कारण भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में तीन-तीन रुपए की बढ़ोतरी हुई है। तेल की कीमतों में ये उछाल वैश्विक राजनीतिक परिस्थितियों का सीधा नतीजा है और इससे भारत की अर्थव्यवस्था पर भी दबाव बढ़ सकता है। आज से बढ़ी हुई रेट लागू हो गई है। रेट बढ़ जाने आम जनता खासी परेशान नजर आ रही है। तेल की नई कीमतों की दर फरीदाबाद में अब पेट्रोल की नई कीमत लगभग ₹98.94 प्रति लीटर हो गई है, जो पहले करीब ₹95.95 प्रति लीटर थी। जबकि पावर के पेट्रोल का रेट पहले ₹105.98 रूपये प्रति लीटर था जो अब ₹108.98 रूपये प्रति लीटर हो गया है। इसी तरह से डीजल का नया रेट बढ़कर लगभग ₹91.37 प्रति लीटर पहुंच गया है, जो पहले ₹88.39 प्रति लीटर के आसपास था। तनाव के चलते यह बढ़ोतरी विशेषज्ञों के अनुसार अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उछाल और पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के चलते यह बढ़ोतरी की गई है। इसका असर सीधे तौर पर आम लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी पर पड़ने वाला है। ईंधन के दाम बढ़ने से ट्रांसपोर्ट खर्च बढ़ेगा, जिससे सब्जियां, राशन और अन्य जरूरी वस्तुएं भी महंगी हो सकती हैं। खासकर डीजल महंगा होने से माल ढुलाई की लागत बढ़ेगी और इसका बोझ अंततः उपभोक्ताओं पर ही पड़ेगा। आम जनता पर महंगाई की मार तेल के नए रेट लागू होने के बाद पेट्रोल पंपों पर लोगों की भीड़ भी देखने को मिली। आम लोगों का कहना है कि पहले से ही महंगाई की मार झेल रहे परिवारों के लिए यह बढ़ोतरी एक और झटका है।सरकार की ओर से फिलहाल कीमतों में बढ़ोतरी को लेकर कोई राहत की घोषणा नहीं की गई है, जिससे आने वाले दिनों में महंगाई और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
अमेरिका के इंडियाना राज्य के प्लेनफील्ड इलाके में 12 मई को हुए सड़क हादसे में करनाल के युवक की मौत हो गई। वह रेड लाइट पर खड़ा था, तभी पीछे से तेज रफ्तार कार ने उसकी गाड़ी को टक्कर मार दी। हादसा इतना भीषण था कि युवक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। सूचना मिलने के बाद स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और शव को मोर्चरी हाउस भिजवाया गया। मृतक युवक की पहचान 40 वर्षीय प्रवीन निवासी शिव कॉलोनी, करनाल के रूप में हुई है। अमेजन कंपनी में करता था काम प्रवीण करीब तीन साल पहले अमेरिका गया था और वहां अमेजन कंपनी में डिलीवरी का काम कर रहा था। प्रवीन अपने परिवार का इकलौता बेटा था और दो बच्चों का पिता था। उसकी एक बहन भी है। परिवार के आर्थिक हालात सुधारने के लिए उसने अमेरिका जाने का फैसला लिया था और इसके लिए 30 से 35 लाख रुपए का कर्ज लिया था। वहां पहुंचने के कुछ महीनों बाद उसे नौकरी मिल गई थी और वह नियमित काम कर रहा था। रेड लाइट पर खड़ा था, तभी हुआ हादसा मृतक के मामा चरणजीत ने बताया कि परिजनों को अमेरिका से कॉल के जरिए हादसे की सूचना मिली। 12 मई की सुबह प्रवीन डिलीवरी के लिए जा रहा था और प्लेनफील्ड में क्वेकर बुलेवार्ड और स्टाउट हेरिटेज पार्कवे के चौराहे पर रेड लाइट पर खड़ा था। इसी दौरान पीछे से एक तेज रफ्तार कार आई और उसकी डिलीवरी गाड़ी को जोरदार टक्कर मार दी। देखें हादसे की फोटो… दो अन्य घायल, पुलिस ने शव मोर्चरी में रखवाया हादसे में टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि प्रवीन की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो अन्य लोग घायल हो गए। घटना को देख आसपास के लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर मोर्चरी हाउस में रखवा दिया।
अमेरिका के कैलिफोर्निया में पंजाबी मूल के पंजाबी डेविल्स गिरोह के सरगना जशनप्रीत सिंह (27) को अदालत ने 64 महीने यानी 5 साल 4 महीने की सजा दी है। जशनप्रीत सिंह से पिछले साल भारी मात्रा में हथियार बरामद हुए थे। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया था। जशनप्रीत सिंह ने पंजाबी डेविल्स के नाम से एक मोटरसाइकिल क्लब बनाया था। कैलिफोर्निया पुलिस के मुताबिक, जशनप्रीत सिंह का मोटरसाइकिल क्लब अवैध हथियारों की तस्करी में शामिल था। इस क्लब का संबंध हथियारों व नशा की तस्करी करने वाले इंटरनेशनल गिरोह हेल्स एंजेल्स के साथा था। जशनप्रीत पर अवैध हथियारों की सप्लाई करने के साथ-साथ चोरी छिपे भारत वापस भागने का भी आरोप है। कैलिफोर्निया पुलिस ने फेडरल कोर्ट में स्पष्ट किया कि जशनप्रीत सिंह मोटरसाइकिल क्लब की आड़ में आउटलॉ गिरोह चलाता है जो कि अवैध हथियारों की सप्लाई करता है। कैलिफोर्निया पुलिस की जांच में ये बातें सामने आईं… ऑपरेशन टेक बैक अमेरिका के तहत कार्रवाई यह मामला अमेरिका के ऑपरेशन टेक बैक अमेरिका का एक हिस्सा था। यह न्याय विभाग का एक बड़ा अभियान है जिसका उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय अपराध सिंडिकेट, ड्रग कार्टेल और अवैध हथियारों की तस्करी को जड़ से खत्म किया जा रहा है। इस जांच में एफबीआई, एटीएफ, डीईए और होमलैंड सिक्योरिटी जैसी कई बड़ी एजेंसियों ने मिलकर काम किया। पंजाबी डेविल्स और हेल्स एंजेल्स का कनेक्शन जांच में खुलासा हुआ कि जशनप्रीत ने पंजाबी डेविल्स नाम से एक आउटलॉ मोटरसाइकिल गिरोह बनाया था, जिसका मुख्यालय स्टॉकटन, कैलिफोर्निया में था। यह गिरोह दुनिया के सबसे खतरनाक आपराधिक गिरोहों में शुमार हेल्स एंजेल्स के लिए एक सहयोगी यूनिट के रूप में काम कर रहा था। यह गिरोह स्थानीय स्तर पर हथियारों और अन्य अवैध गतिविधियों को अंजाम देता था।
2026 चीन-अमेरिका रिश्तों का ऐतिहासिक साल बताएंगे : राष्ट्रपति शी
चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि 2026 एक ऐतिहासिक, लैंडमार्क साल होगा, जो चीन-अमेरिका संबंधों में एक नया अध्याय शुरू करेगा।
अमेरिकी अर्थव्यवस्था की एक बड़ी विशेषता उसकी खुली निवेश प्रणाली है। दुनिया का कोई भी देश या निवेशक अमेरिका में आसानी से निवेश कर सकता है और जरूरत पड़ने पर पैसा निकाल भी सकता है। यही व्यवस्था अब अमेरिका के लिए जोखिम का कारण बनती दिख रही है।
इण्डो अमेरिकन पब्लिक स्कूल में तरंग-5 समर कैंप का आगाज
इण्डो अमेरिकन पब्लिक स्कूल में ग्रीष्मकालीन समर कैंप ‘तरंग-5’ का रंगारंग शुभारंभ संस्कार शाला और वैदिक हवन के साथ हुआ। आर्य समाज हिरणमगरी की श्रीमती बेला सिसोदिया, चंद्रकला आर्य और चंद्रबाला वेदिका के मार्गदर्शन में आयोजित कार्यक्रम में उत्साहपूर्ण माहौल नजर आया। विद्यालय प्राचार्या डॉ. रीनिका राय ने बताया कि कैंप में करीब 350 बच्चे भाग ले रहे हैं, जिनमें 240 विद्यार्थी उदयपुर और आसपास के क्षेत्रों से शामिल हुए हैं। समर कैंप में बच्चों को मार्शल आर्ट, इंग्लिश स्पोकन, फुटबॉल, क्रिकेट, बास्केटबॉल, स्विमिंग, आर्ट एंड क्राफ्ट, हॉर्स राइडिंग, सॉफ्टबॉल, कैलीग्राफी, कोडिंग एंड रोबोटिक्स, म्यूजिक और डांस सहित विभिन्न गतिविधियों का प्रशिक्षण दिया जाएगा।
एनआरआई के घर फायरिंग : अमेरिका से दी थी सुपारी, सब इंस्पेक्टर का बेटा दोस्त संग अरेस्ट
भास्कर न्यूज | जालंधर भोगपुर के गांव भटनूरा लुबाना में एनआरआई मंजीत सिंह के घर 18 फरवरी की रात फायरिंग का मामला ट्रेस हो गया है। फायरिंग करने वाले सब इंस्पेक्टर के बेटे गुरबख्श सिंह उर्फ सैंडी और उसके दोस्त गोपाल सिंह गोपा को अरेस्ट किया है। इनसे फायरिंग में इस्तेमाल .30 बोर 7.62 एमएम पिस्तौल व कारतूस बरामद किए गए है। अशोक विहार के रहने वाले सब इंस्पेक्टर के बेटे गुरबख्श सिंह उर्फ सैंडी और गोपाल सिंह उर्फ गोपा पुत्र बलविंदर सिंह निवासी मोहल्ला जट्टां ( आदमपुर) को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लिया जाएगा। दोनों आरोपी पहले जेल जा चुके है। एसएसपी हरविंदर सिंह विर्क ने बताया कि सीआईए स्टाफ के इंचार्ज पुष्पबाली,एसएचओ मकसूदां गुरप्रीत सिंह की टीम विधिपुर एरिया में चैकिंग कर रही थी। इस दौरान गांव लिदड़ा के पास सफेद हुंडई क्रेटा कार बिना रजिस्ट्रेशन नंबर के नाके की ओर आती दिखी। पुलिस द्वारा रुकने का इशारा करने पर गाड़ी चालक ने भागने की कोशिश की, लेकिन पुलिस पार्टी ने तुरंत कार्रवाई करते हुए दोनों व्यक्तियों को काबू कर लिया। तलाशी के दौरान डेशबोर्ड से एक .30 बोर 7.62 एमएम पिस्तौल बरामद हुई। इस संबंध में थाना मकसूदां में 25 आर्म्स एक्ट के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया। इसके अलावा गुरबख्श सिंह की तलाशी के दौरान 3 जिंदा कारतूस और 1 खाली खोल बरामद किए गए। दोनों मुलजिम हथियार और गोला-बारूद संबंधी कोई भी वैध लाइसेंस पेश नहीं कर सके। पूछताछ में गोपा ने कहा-उनका दोस्त लाडी अमेरिका में रहता है। उसकी दुश्मनी मंजीत सिंह से थी। लाडी ने ही उन्हें वेपन मुहैया करवाएं थे और फायरिंग के लिए एक लाख की सुपारी दी थी। एडवांस में उन्हें 80 हजार रुपए मिले थे। एसएसपी ने कहा दोनों को रिमांड पर लेकर गहराई से पूछताछ की जाएगी।
पश्चिम एशिया में जारी अमेरिका-ईरान युद्ध का असर अब सीधे उपभोक्ता बाजार पर दिखाई देने लगा है। रोजमर्रा में इस्तेमाल होने वाले सर्फ, साबुन, डिटर्जेंट और हेल्थ ड्रिंक जैसे कई जरूरी उत्पाद महंगे हो गए हैं। 500 ग्राम के हॉर्लिक्स का दाम 235 रुपए हो गया है, जो 10 दिन पहले 209 रुपए की बिक रही थी। एक किलो के व्हील एक्टिव पैक का दाम 76 से बढ़कर 80 रुपए हो गया है। एक किलो का घड़ी डिटर्जेंट का पैकेट 74 रुपए से बढ़कर 78 रुपए का हो गया है। सबसे अधिक दाम मच्छरों और मक्खियों जैसे उड़ने वाले कीड़ों को तुरंत मारने में उपयोग होनेवाले ब्लैक हिट का बढ़ा है। ब्लैक हिट का दाम 260 रुपए से बढ़कर 340 रुपए हो गया है। आने वाले समय में एफएमसीजी उत्पादों के दामों में और तेजी की आशंका जताई जा रही है। बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक कच्चे तेल की कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव और पैकेजिंग सामग्री की बढ़ती लागत ने कंपनियों के मुनाफे पर दबाव बढ़ाया है। इसी कारण कंपनियां अब उत्पादों की कीमतों में संशोधन करने को मजबूर हो रही हैं। इसका असर अब सीधे आम उपभोक्ताओं की जेब पर पड़ने लगा है। कतरनी चावल पांच रुपए तो बासमती 15 रुपए महंगा कतरनी चावल पिछले एक महीने में करीब 5 रुपए प्रति किलो तक महंगा हुआ है, जबकि साधारण परमल चावल में 1-2 रुपए प्रति किलो की मामूली वृद्धि दर्ज की गई है। वहीं बासमती चावल की कीमतों में 10 से 15 रुपए प्रति किलो तक की बढ़ोतरी देखी जा रही है। चावल के थोक कारोबारी मनीष साहू का कहना है कि कतरनी धान की कीमत में लगभग 350 रुपए की बढ़ोतरी हुई है, जिससे खुदरा बाजार में सीधा असर पड़ा है। इसके अलावा बासमती चावल की एक्सपोर्ट मांग बढ़ने और पैकेजिंग सामग्री की लागत में इजाफे के कारण भी कीमतों में तेजी आई है। परमल व उसना चावल के भाव में एक रुपए की तेजी बोरा की कीमत बढ़ने के कारण आई है। वर्तमान में रांची के खुदरा बाजार में परमल चावल 40 से 44 रुपए प्रति किलो और बासमती चावल 110-150 रुपए प्रति किलो तक बिक रहा है। कारोबारियों का अनुमान है कि अगर लागत में राहत नहीं मिली तो आने वाले दिनों में कीमतें और बढ़ सकती हैं। क्रूड ऑयल और लागत बढ़ने से एफएमसीजी बाजार पर दबाव झारखंड कंज्यूमर प्रोडक्ट डिस्ट्रीब्यूटर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय अखौरी ने कहा कि एफएमसीजी उत्पादों का प्रमुख कच्चा माल क्रूड ऑयल इस समय ऐतिहासिक ऊंचाई पर है। पैकेजिंग मैटेरियल और इंडस्ट्रियल डीजल की कीमतों में भी लगातार वृद्धि हो रही है, जिससे उत्पादLन लागत बढ़ गई है। रॉ मटेरियल की कमी के कारण कई कंपनियों ने उत्पादन घटा दिया है, जबकि कुछ छोटी कंपनियां बंद हो चुकी हैं। इससे सप्लाई चेन प्रभावित हो रही है और आने वाले समय में एफएमसीजी उत्पादों की कीमतों में और बढ़ोतरी की संभावना है।
सीएम हिमंता के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल हुए अमेरिकी राजदूत गोर, बोले- यह मेरे लिए सम्मान की बात है
हिमंता बिस्वा सरमा ने लगातार दूसरी बार असम के मुख्यमंत्री के तौर पर दूसरी बार शपथ ली है। इस मौके पर देश की बड़ी राजनीतिक हस्तियां शामिल हुई। वहीं भारत में अमेरिका के राजदूत सर्जियों गोर भी सीएम हिमंता के शपथ ग्रहण समारोह में आए।
अमेरिकी कांग्रेस में ट्रंप पर महाभियोग लगाने की मांग तेज
यह केवल विचारधारा की बात भी नहीं है। यह इस बारे में नहीं है कि कोई प्रशासन की व्यापक नीतियों का समर्थन करता है या विरोध।
ईरान जंग ने तोड़ा नाटो और अमेरिका का रिश्ता
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भारतीय समयानुसार 2 अप्रैल की सुबह ईरान पर छिड़ी जंग को खत्म करने का ऐलान कर सकते हैं
अमेरिका ने चीन की एआई और रोबोट तकनीक से दी खतरे की चेतावनी
अमेरकी सांसदों और उद्योग विशेषज्ञों ने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), रोबोटिक्स और स्वायत्त प्रणालियों में चीन की प्रगति एक बढ़ता हुआ राष्ट्रीय सुरक्षा जोखिम पैदा कर रही है
अमेरिका-इजरायल के 'खतरनाक' संपर्कों से भारत सावधान रहें
नेतन्याहू एक बहुत ही तिरस्कृत व्यक्ति हैं जिनके खिलाफ युद्ध अपराध और मानवता के खिलाफ अपराधों के लिए संयुक्त राष्ट्र समर्थित अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय से गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया है।
भारत की संप्रभुता पर अमेरिका का हमला
अमेरिका के ईरान पर हमले के बाद दिवंगत आयतुल्लाह अली खामनेई के प्रतिनिधि डॉ. अब्दुल मजीद हकीम इलाही ने दावा किया कि यह हमला केवल ईरान तक सीमित नहीं रहेगा
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़े सैन्य तनाव के दौरान अभिनेत्री ईशा गुप्ता अबू धाबी में फंस गई थीं। एयरपोर्ट बंद होने और मिसाइल हमलों की खबरों के बीच उन्होंने भयावह हालात देखे। सुरक्षित लौटने के बाद ईशा ने यूएई प्रशासन और भारत सरकार का आभार जताया।
किसान यूनियन भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के खिलाफ एकजुट होकर लड़ेंगे
भारतीय किसान यूनियन भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के खिलाफ एकजुट होकर लड़ने के लिए कमर कस रहे हैं
अमेरिका का विश्व में आतंक, फायदा केवल पाकिस्तान को!
युद्ध में हत्याएं नहीं होती। हत्या होती है आतंकवाद में। जो अमेरिका सबसे ज्यादा आतंकवाद के खिलाफ बात करता है वही अब सबसे बड़ा आतंकवादी बन कर दिखा रहा है
कपास के किसानों का उदाहरण हमारे सामने है, जहां आयात शुल्क हटाने से घरेलू कीमतों में भारी गिरावट आई और किसान संकट में घिर गए
भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के अप्रत्याशित विजेता हैं राहुल गांधी
मोदी सरकार ने व्यापार समझौते को एक बड़ी कामयाबी के तौर पर पेश किया है, जो 30 ट्रिलियन डालर के अमेरिकी बाजार में खास पहुंच की रणनीतिगत और आर्थिक मूल्य को दिखाता है।
भारत को कमजोर करने वाला अमेरिकी व्यापार समझौता
व्यापार समझौते के बदले में अमेरिका के आदेशों के आगे भारत झुक गया है।
भारत-अमेरिका व्यापार समझौता भारत के किसानों के लिए सबसे बड़ा झटका साबित होगा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सरकार में उनके मंत्री और वफादार विशेषज्ञों को जनता को यह समझाने में बहुत दिक्कत हो रही है कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौते से भारत को क्या-क्या बड़े फायदे हो रहे हैं
विवादित हो सकते हैं भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के वायदे
महीनों की बातचीत और अनिश्चितताओं के बाद पिछले सप्ताहांत भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के पहले हिस्से के सम्पन्न होने पर जो उत्साह था
अमेरिका से व्यापार समझौते में सब गोलमाल!
अमेरिका से व्यापार समझौते पर मोदी सरकार बड़ी कामयाबी की डींगे हांक रही है, लेकिन धरातल पर नजर आ रहा है कि वह हारी हुई लड़ाई लड़ रही है।
मिशन-500 या कूटनीतिक आत्मसमर्पण? भारत-अमेरिका डील के अनकहे पहलू
मैंने भारत-अमेरिका द्विपक्षीय संबंधों और व्यापार वार्ता पर लगातार पांच आलेख लिखे—जो विभिन्न समाचार पत्रों में समय-समय पर प्रकाशित हुए
भारत-अमेरिका व्यापार समझौते की स्थिति को लेकर भ्रम की स्थिति
- नित्य चक्रवर्ती किसी भी व्यापारिक समझौते में हमेशा लेन-देन होता है। इसलिए, अमेरिका से ऐसी रियायतें पाने के लिए भारत की तरफ से कुछ रियायतें देने में कुछ भी गलत नहीं है, जो राष्ट्रीय हितों के लिए भारत के लिए ज़्यादा महत्वपूर्ण हैं। लेकिन बातचीत बराबरी के आधार पर होनी चाहिए क्योंकि भारत, वह भारत है, जो एक उभरती हुई अर्थव्यवस्था है भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर घोषणा की उम्मीद थी, लेकिन जिस तरह से राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दोनों ने सोशल मीडिया पर ऐसा किया, उससे बड़ा भ्रम पैदा हो गया है। नरेंद्र मोदी के साथ फोन पर बातचीत के बाद, ट्रंप ने सोमवार को दावा किया कि अमेरिका ने भारत के साथ एक व्यापार समझौता किया है, जिसके तहत उन्होंने भारतीय उत्पादों पर लगाए गए दंडात्मक टैरिफ को 25 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया है, जिसके बदले में भारत कुछ अमेरिकी सामान पर अपने टैरिफ कम करेगा, अधिक अमेरिकी उत्पाद खरीदेगा, और रूसी तेल की खरीद बंद कर देगा। सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में, मोदी ने लिखा कि वह टैरिफ में कमी से 'खुश' हैं, लेकिन उन्होंने विवरण नहीं दिया, जिसमें यह भी शामिल नहीं था कि क्या उनका देश रूसी तेल खरीदना बंद कर देगा जैसा कि ट्रंप ने दावा किया था। उन्होंने यह भी नहीं बताया कि व्यापार समझौता अंतिम रूप से तय हो गया है। मोदी ने लिखा, 'जब दो बड़ी अर्थव्यवस्थाएं और दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र एक साथ काम करते हैं, तो इससे हमारे लोगों को फायदा होता है और आपसी लाभकारी सहयोग के लिए अपार अवसर खुलते हैं।' मोदी ने यह भी नहीं बताया जो ट्रंप ने कहा कि भारत '500अरब डॉलर से अधिक अमेरिकी ऊर्जा, प्रौद्योगिकी, कृषि, कोयला, और कई अन्य उत्पादों के अलावा, अमेरिकी सामान खरीदने के लिए बहुत उच्च स्तर पर प्रतिबद्ध है,' और यह कि भारत 'संयुक्त राज्य अमेरिका के खिलाफ अपने टैरिफ और गैर-टैरिफ बाधाओं को कम करके शून्य पर लाने के लिए आगे बढ़ेगा।' फोन पर बातचीत के बाद अमेरिकी और भारतीय नेताओं द्वारा जारी किए गए बयानों के लहजे में एक ध्यान देने योग्य अंतर था। नई दिल्ली में भाजपा और सरकारी हलकों में काफी उत्साह था। हर कोई भारतीय सरकार की तरफ से विस्तृत जानकारी की उम्मीद कर रहा था, लेकिन कुछ भी सामने नहीं आया। यहां तक कि अपनी पार्टी के सांसदों की बैठक में भी, मोदी ने अधिक विवरण नहीं दिया, सिवाय इसके कि भारत की ओर से धैर्य रखने का फल मिला। सटीक स्थिति क्या है? सरकारी सूत्र वाशिंगटन से अधिक विवरण की प्रतीक्षा करने के अलावा और कुछ नहीं बता रहे हैं। यह स्पष्ट है कि ट्रंप ने मौजूदा 50 प्रतिशत जिसमें 25 प्रतिशत जुर्माना भी शामिल है, के मुकाबले पारस्परिक व्यापार दर को घटाकर 18 प्रतिशत करने पर सहमति व्यक्त की है। ट्रंप के अनुसार, यह तुरंत प्रभाव से लागू होता है। अगर ऐसा है, तो यह भारत के लिए एक बड़ी जीत है, जबकि इसके मुकाबले चीन 37 प्रतिशत, वियतनाम 20 प्रतिशत, बांग्लादेश 20 प्रतिशत और यहां तक कि पाकिस्तान भी 19 प्रतिशत पर है। लेकिन भारत ने अमेरिका को सोयाबीन, डेयरी और अन्य कृषि उत्पादों के सेक्टर में क्या रियायतें दीं? क्या मोदी ने रूस से सस्ते दाम पर भी तेल का सारा आयात बंद करने पर सहमति दे दी है? पहले भी ट्रंप ने दावा किया था कि भारत ने रूस से खनिज तेल का आयात इंपोर्ट बंद कर दिया है, लेकिन आयातप्रतिस्पर्धी मूल्य के आधार पर हो रहा था। असल में, अभी भी, अन्तरराष्ट्रीय खनिज तेल व्यापार सूत्रों के अनुसार, रूसी कच्चा तेल अमेरिकी कच्चे तेल की तुलना में16डॉलर सस्ता है। अगर भारत रूसी तेल का पूरा आयात बंद कर देता है, तो भारत को यह अतिरिक्त लागत उठानी पड़ेगी। क्या मोदी सच में इसके लिए सहमत हो गए हैं? अगर वह सहमत हो गए हैं, तो उन्हें सामने आकर यह बात खुलकर बतानी चाहिए। आजकल किसी भी व्यापारिक समझौते में हमेशा लेन-देन होता है। इसलिए, अमेरिका से ऐसी रियायतें पाने के लिए भारत की तरफ से कुछ रियायतें देने में कुछ भी गलत नहीं है, जो राष्ट्रीय हितों के लिए भारत के लिए ज़्यादा महत्वपूर्ण हैं। लेकिन बातचीत बराबरी के आधार पर होनी चाहिए क्योंकि भारत, वह भारत है, जो एक उभरती हुई अर्थव्यवस्था है और जिसमें 2028 तक दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की क्षमता है, जो चीन को भी पीछे छोड़ देगी। मोदी 1.4 अरब लोगों का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं और वह ट्रंप के कहने पर राष्ट्रीय हितों का बलिदान नहीं कर सकते। सवाल यह है कि क्या ट्रंप की शर्तों पर सहमत होते हुए भारत ने अपनी रणनीतिक स्वायत्तता बनाए रखी? अगर डील हो गई है, तो प्रधानमंत्री की यह बड़ी ज़िम्मेदारी है कि वह डील के बारे में विस्तार से बताएं। या, अगर यह अभी तक फाइनल नहीं हुई है और 18 प्रतिशत टैरिफ सिर्फ एक फ्रेमवर्क है, तो उन्हें यह भी बताना चाहिए। ट्रंप अपने ट्रूथ सोशल पर और भी बहुत कुछ कहते रहेंगे। अगर नरेंद्र मोदी असली स्थिति नहीं बताते हैं, तो वे बातें बिना चुनौती के बनी रहेंगी। यूरोपीय संघ और संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ लगातार व्यापार समझौते - एक जिसे 'सभी ट्रेड डील्स की जननी' कहा जा रहा है और दूसरा भारतीय सामान पर टैरिफ को 18 प्रतिशत तक कम करने वाला यह समझौता-से अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलने की व्यापक उम्मीद है, जिससे एक दशक में निर्यात में संभावित 150अरब डालर की वृद्धि होगी, ऐसा सरकार के करीबी विशेषज्ञ कहते हैं। ये समझौते टैरिफ कम करेंगे और बाज़ार की बाधाओं को आसान बनाएंगे, साथ ही भारत के मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को भी बढ़ावा देंगे, जिसमें श्रम-प्रधान टेक्सटाइल सेक्टर भी शामिल है। हालांकि, भारत चीन के मुकाबले अपनी प्रतिस्पर्धी बढ़त के ज़्यादा समय तक बने रहने की उम्मीद नहीं कर सकता, क्योंकि ट्रंप इस साल अप्रैल में अमेरिका-चीन व्यापार समझौते को अन्तिम रूप देने के लिए चीन जा रहे हैं और चीन के लिए टैरिफ दर निश्चित रूप से 20प्रतिशत से कम हो जाएगा। यह यूरोपीय यूनियन के 15 प्रतिशत या यूनाइटेड किंगडम के 10प्रतिशत के स्तर पर हो सकता है। इसलिए भारत को बहुत जल्द चीन के मुकाबले अपनी प्रतिस्पर्धी बढ़त को भूलना होगा। 50 प्रतिशत अमेरिकी टैरिफ ने कई चीज़ों पर असर डाला है। इनमें स्टील, टेक्सटाइल और फार्मास्यूटिकल्स जैसे सेक्टर शामिल हैं। उदाहरण के लिए, टैरिफ के बाद अमेरिका को स्टील की शिपमेंट में 40 प्रतिशत की गिरावट आई। यह सेक्टर पुन: सुधार की ओर जा रहा है और यह इस चरण में भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए बहुत मददगार होगा। यह देखना होगा कि भारतीय अर्थव्यवस्था पर इसके कुल असर का मूल्यांकन करने से पहले भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को आखिरकार उसके अन्तिम स्वरूप में आधिकारिक तौर पर कैसे पेश किया जाता है।
ललित सुरजन की कलम से - क्या अमेरिका भारत का दोस्त है?
दक्षिण अमेरिका के अधिकतर देश अभी हाल तक 'बनाना रिपब्लिक' के रूप में जाने जाते थे
रणवीर सिंह ने रचा इतिहास, नॉर्थ अमेरिका में यह रिकॉर्ड बनाने वाले बने पहले भारतीय अभिनेता
रणवीर सिंह ने एक बार फिर इतिहास रच दिया है और ऐसा कारनामा कर दिखाया है जो आज तक कोई भी भारतीय अभिनेता नहीं कर पाया। वह अब नॉर्थ अमेरिका में 10 मिलियन डॉलर से ज्यादा कमाई करने वाली तीन फिल्मों वाले अकेले भारतीय अभिनेता बन गए हैं।
अमेरिका में खुली 'बाहुबली द एपिक' की बुकिंग, सभी प्रीमियम लार्ज फॉर्मेट्स में होगी रिलीज
एसएस राजामौली की बाहुबली फ्रैंचाइज़ी पहली और सबसे बड़ी अखिल भारतीय फिल्म है जिसने भारतीय सिनेमा को नया रूप दिया और इतिहास रचा। दुनिया भर के दर्शकों द्वारा पसंद की गई इस महाकाव्य गाथा ने न केवल दिलों पर कब्ज़ा किया, बल्कि बॉक्स ऑफिस के रिकॉर्ड भी ...
'किंग' के सेट पर एक्शन करते वक्त घायल हुए शाहरुख खान, इलाज के लिए अमेरिका रवाना!
बॉलीवुड सुपरस्टार शाहरुख खान को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। शाहरुख अपनी अगली फिल्म 'किंग' की शूटिंग के दौरान घायल हो गए हैं। बताया जा रहा है कि एक एक्शन सीन करने के दौरान उन्हें चोट लग गई है, जिसके बाद शाहरुख को तुरंत इलाज के लिए भेजा गया।
कौन हैं असम की अर्चिता फुकन? अमेरिकी एडल्ड स्टार संग तस्वीर शेयर करके मचाई सनसनी
असम की रहने वाली अर्चिता फुकन इन दिनों सुर्खियों में छाई हुई है। बीते दिनों अर्चिता ने एक अमेरिकी एडल्ड स्टार केंड्रा लस्ट के साथ तस्वीर शेयर की थी, जो देखते ही देखते वायरल हो गई। इसके बाद से हर कोई जानना चाहता है कि आखिर अर्चिका फुकन है कौन? ...
द बंगाल फाइल्स के अमेरिका में होंगे 10 बड़े प्रीमियर, विवेक रंजन अग्निहोत्री ने रखी अपनी राय
इंडियन सिनेमा के सबसे साहसी फिल्ममेकर्स में से एक विवेक रंजन अग्निहोत्री अपने बेबाक अंदाज और दबी हुई सच्चाइयों को सामने लाने वाले कहानी कहने के अंदाज के लिए जाने जाते हैं। 'द ताशकंद फाइल्स' और ऑल टाइम ब्लॉकबस्टर 'द कश्मीर फाइल्स' के बाद अब वह अपनी ...
बॉलीवुड एक्ट्रेस और फिल्ममेकर तनिष्ठा चटर्जी इन दिनों मुश्किल दौर से गुजर रही हैं। तनिष्ठा ने कुछ समय पहले ही अपने पिता को खोया था और अब वो कैंसर की शिकार हो गई हैं। तनिष्ठा को स्टेज 4 ब्रेस्ट कैंसर हुआ है। एक्ट्रेस को कैंसर के बारे में चार महीने ...
मोनाली ठाकुर ने की अमेरिका टूर की घोषणा, इन शहरों में करेंगी लाइव शो
नेशनल अवॉर्ड जीतने वाली सिंगर मोनाली ठाकुर आज देश की सबसे पसंदीदा आवाज़ों में से एक हैं। उनकी गायकी में ऐसा जादू है जो हर किसी के दिल को छू जाता है, फिर चाहे वो फिल्मी गाना हो, लाइव शो हो या कोई कॉन्सर्ट। मोनाली की सुरीली आवाज़ हर बार सुनने वालों के ...
4 साल की उम्र में श्रेया घोषाल ने ली संगीत की शिक्षा, अमेरिका में मनाया जाता है 'श्रेया घोषाल दिवस'
बॉलीवुड की फेमस सिंगर श्रेया घोषाल 12 मार्च को अपना बर्थडे सेलिब्रेट कर रही हैं। अपनी सुरीली आवाज से लाखों लोगों को दिवाना बनाने वाली श्रेया का जन्म 1984 में पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद में हुआ था। उन्होंने बेहद कम समय में अपनी सुरीली आवाज से बड़ी ...
बॉलीवुड एक्टर सुनील शेट्टी ने अपनी दमदार अदाकारी से दुनियाभर में पहचान बनाई है। लेकिन इतनी लोकप्रियता के बावजूद भी सुनील शे्टी को बुरे बर्ताव का सामना करना पड़ा था। हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान सुनील शेट्टी ने 2001 में अमेरिका में हुए अपने एक ...
भारतीय-अमेरिकी संगीतकार और उद्यमी चंद्रिका टंडन ने जीता ग्रैमी अवॉर्ड, देखिए विनर्स की पूरी लिस्ट
67वें ग्रैमी अवॉर्ड्स के विनर का ऐलान हो गया है। इस इवेंट का आयोजन लॉस एंजेलिस के डाउनटाउन में क्रिप्टो टाउन एरिना में हुआ। ट्रेवर नोआ ने ग्रैमी अवॉर्ड्स 2025 को होस्ट किया। भारतीय-अमेरिकी गायिका और उद्यमी चंद्रिका टंडन ने एल्बम 'त्रिवेणी' के लिए ...
अमेरिकी नौसेना के सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार से सम्मानित हुए टॉम क्रूज, हॉलीवुड स्टार ने जताई खुशी
हॉलीवुड स्टार टॉम क्रूज की दुनियाभर में जबरदस्त फैन फॉलोइंग है। टॉम क्रूज अपनी फिल्मों में जबरदस्त एक्शन सीन्स के लिए जाने जाते हैं। वह खतरनाक से खतरनाक स्टंट सीन खुद ही करते हैं। वहीं अब टॉम क्रूज को अमेरिकी नौसेना के सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार से ...
मिथुन चक्रवर्ती की पहली पत्नी हेलेना ल्यूक का निधन, अमेरिका में ली अंतिम सांस
मनोरंजन जगत से एक दुखद खबर सामने आई है। दिग्गज अभिनेता मिथुन चक्रवर्ती की पहली पत्नी हेलेना ल्यूक का निधन हो गया है। उन्होंने अमेरिका में आखिरी सांस ली। हेलेना के निधन की खबर मशहूर डांसर और एक्ट्रेस कल्पना अय्यर ने सोशल मीडिया के जरिए दी है। खबरों ...
Devara Part 1 advance booking: साउथ सुपरस्टार जूनियर एनटीआर की फिल्म 'देवरा : पार्ट 1' का फैंस बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। इस फिल्म के जरिए जाह्नवी कपूर भी साउथ इंडस्ट्री में कदम रखने जा रही हैं। 'देवरा : पार्ट 1' की रिलीज में अब केवल एक महीना बचा ...
बचपन से एक्टर बनना चाहते थे सैफ अली खान, अमेरिका से पढ़ाई पूरी करने के बाद रखा इंडस्ट्री में कदम
Saif Ali Khan Birthday: बॉलीवुड के अभिनेता सैफ अली खान 54 वर्ष के हो गए हैं। 16 अगस्त 1970 को दिल्ली में जन्में सैफ अली खान को अभिनय की कला विरासत में मिली। उनकी मां शर्मिला टैगोर फिल्म इंडस्ट्री की जानी मानी अभिनेत्री रही जबकि पिता नवाब पटौदी ...
अमेरिका में प्रभास की फिल्म 'कल्कि' का रिलीज से पहले जलवा, देखें मूवी मसाला
प्रभास, अमिताभ बच्चन, दीपिका पादुकोण और कमल हासन स्टारर फिल्म 'कल्कि 2898 AD' का फैंस के बीच जबरदस्त क्रेज है. हालांकि फिल्म के ट्रेलर को लोगों की मिलीजुली प्रतिक्रिया मिल रही है. वहीं, फिल्म अमेरिका में एडवांस बुकिंग के मामले में रिकॉर्ड बना रही है. देखें 'मूवी मसाला'.
Cannes में स्क्रीनिंग के बाद विवादों में घिरी पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपतिडोनाल्ड ट्रम्प की बायोपिक, फिल्म के इस सीन पर मचा हंगामा
कियारा आडवाणी शनिवार को कान्स फिल्म फेस्टिवल से इतर एक कार्यक्रम में शामिल हुईं। उनके खूबसूरत पिंक और ब्लैक गाउन के अलावा कुछ और भी था जिसने सबका ध्यान खींचा। रेड सी फिल्म फाउंडेशन के वीमेन इन सिनेमा गाला डिनर के रेड कार्पेट पर मीडिया को दिया गया उनका एक साक्षात्कार ऑनलाइन सामने आया है। इसमें कियारा को कान्स में पहली बार बोलने के बारे में दिखाया गया है, लेकिन उनका नया लहजा थोड़ा ध्यान भटकाने वाला है। इसे भी पढ़ें: Cannes Film Festival 2024 | पंजाबी गायिका सुनंदा शर्मा ने अपने कान्स डेब्यू में सफेद पंजाबी सूट-सलवार में बिखेरा जलवा कियारा का ताज़ा लहजा? कियारा वीडियो में कहती हैं कि इस कार्यक्रम में आमंत्रित किया जाना 'बहुत ही विनम्र' है, खासकर जब वह एक अभिनेता के रूप में 10 साल पूरे कर रही हैं। वह कहती हैं, यह बहुत खास पल पर भी आता है। उनके विशेष रूप से 'बहुत' और 'पर' कहने के अमेरिकी तरीके ने प्रशंसकों को आश्चर्यचकित कर दिया कि क्या वह एक नया उच्चारण करने का प्रयास कर रही हैं। इसे भी पढ़ें: वोट डालने पहुंचे Deepika Padukone और Ranveer Singh, एक्ट्रेस का दिखा बेबी बंप, पर वह भीड़ से खुद को छुपाती दिखी | Viral Video ट्विटर क्या कहता है? एक व्यक्ति ने ट्विटर पर भविष्यवाणी की, “बॉलीवुड ट्विटर आपके उच्चारण के बारे में बात करने आ रहा है… भागो, कियारा भागो।” और निश्चित रूप से, ऐसा हुआ। मंच पर कई ट्वीट्स में कियारा के नए लहजे पर हैरानी जताई गई। एक प्रशंसक ने लिखा, मैं उससे प्यार करता हूं, लेकिन वह लहजा क्यों। एक अन्य व्यक्ति ने कहा, “इसकी तुलना में उनका अपना उच्चारण वास्तव में अच्छा है।” एक अन्य व्यक्ति ने पूछा, भारतीय लहजा किसी भी तरह से बुरा या अपमानजनक नहीं है, फिर इन लोगों ने इसे क्यों नहीं चुना और पूरी चीज़ को बर्बाद कर दिया। एक अन्य व्यक्ति ने लिखा “क्या कियारा आडवाणी सोचती हैं कि जब वह इस तरह की बातें करती हैं तो वह किम कार्दशियन हैं? कृपया उस ऐंठन वाले लहजे को रोकें। आप इसके लिए कूल या मजाकिया नहीं हैं। कियारा इससे पहले वेरायटी द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में भी शामिल हुई थीं। उन्होंने अपने करियर और फिल्मों के बारे में बात की, मनोरंजन उद्योग की अन्य महिलाओं के एक पैनल में शामिल हुईं। कान्स और कियारा पर कान्स फिल्म महोत्सव मंगलवार रात क्वेंटिन डुपिएक्स के ले ड्यूक्सिएम एक्ट (द सेकेंड एक्ट) के विश्व प्रीमियर के साथ शुरू हुआ, जिसमें ली सेडौक्स, विंसेंट लिंडन, लुइस गैरेल और राफेल क्वेनार्ड ने अभिनय किया। कियारा राम चरण-स्टारर गेम चेंजर में दिखाई देने की तैयारी कर रही हैं, जो एस. शंकर द्वारा निर्देशित एक राजनीतिक एक्शन थ्रिलर है। तेलुगु फिल्म जल्द ही स्क्रीन पर आने के लिए तैयार है। वह ऋतिक रोशन-स्टारर वॉर 2 में वाईआरएफ जासूस ब्रह्मांड में शामिल होने के लिए भी तैयार हैं, जिसमें आरआरआर स्टार जूनियर एनटीआर भी होंगे। इसके अलावा कियारा के पास डॉन 3 भी है, जिसमें वह रणवीर सिंह के साथ अभिनय करेंगी। रिपोर्ट्स की मानें तो टॉक्सिक में यश के साथ आडवाणी भी नजर आएंगे। Kiara Advani's accent pic.twitter.com/A5WFyGzdkC — bebo (@bollypopgossip) May 19, 2024
'अगर मैं अमेरिका का जासूस होता तो...' जान की बाजी लगाने पर भी रवीन्द्र कौशिक को नहीं मिला सम्मान, आखिरी चिट्ठी में बयां किया था दर्द
सोशल मीडिया पर आग की तरह फैल रहाGoldy Brar के शूटआउट का CCTV फुटेज, गैंगस्टरको लेकरअमेरिकी पुलिस ने किया बड़ा दावा
जिंदा हैSidhu Moose Wala की ह्त्या करने वालाGoldy Brar! मास्टरमाइंड को लेकर अमेरिकी पुलिस ने किया सनसनीखेज खुलासा
कौन हैGrammys और Oscar जीतने वाले मशहूर हॉलीवुड अमेरिकन आइकॉन Frank Sinatra? बायोपिक में ये फेमस एक्टर निभाएगा लीड रोल
अमेरिका में रची गई साजिश! सलमान खान के घर फायरिंग मामले में बड़ा खुलासा?
बॉलीवुड एक्टर सलमान खान के घर गैलेक्सी अपार्टमेंट के बाहर हुई फायरिंग मामले को लेकर अब अपडेट सामने आ रहे हैं. सूत्रों के मुताबिक आरोपियों ने शूटिंग में इस्तेमाल बाइक को कुछ दिन पहले रायगढ़ के एक शोरूम से खरीदी थी. मामले में और क्या-क्या खुलासे हुए हैं. देखें.
क्या सच में अमेरिका में रहती है दिलजीत की पत्नी-बेटा? मॉडल ने खोली पोल
दिलजीत दोसांझ अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर काफी प्रोटेक्टिव रहे हैं. दिलजीत ने हाल ही में अपने पेरेंट्स के साथ रिलेशंस को लेकर खुलासा किया, जिसने सबको हैरानी में डाल दिया था. हालांकि वह अपनी पत्नी और बच्चे के बारे में अटकलों पर चुप्पी साधे हुए हैं, लेकिन उनके एक दोस्त ने हाल ही में दावा किया कि दिलजीत शादीशुदा हैं और उनका एक बेटा भी है.
Marvel 1943: Rise Of Hydra का धमाकेदार ट्रेलर हुआ लॉन्च,ब्लैक पैंथर और कैप्टन अमेरिका में छिड़ी घमासान जंग

