हिसार के पूर्व सांसद कुलदीप बिश्नोई का अब भाजपा से मोहभंग होता नजर आ रहा है। असम और पश्चिम बंगाल में भाजपा की ऐतिहासिक जीत के बाद भी बिश्नोई परिवार ने पार्टी को कोई बधाई नहीं दी। उनके बेटे और पूर्व विधायक भव्य बिश्नोई ने हरियाणा भाजपा के युवा प्रभारी होने के बावजूद भी पार्टी को जीत का कोई बधाई संदेश नहीं दिया। भव्य ने विधानसभा चुनाव में असम की 3 सीटों (खुमटाई, गुवाहाटी सेंट्रल और सादिया) पर प्रचार किया था। पार्टी को इन तीनों सीटों पर जीत मिली, मगर भव्य ने पार्टी का नाम न लेकर सीधे प्रत्याशियों को बधाई संदेश दिया। अब कुलदीप बिश्नोई के अगले कदम पर सबकी नजरें टिकी हैं। कुलदीप बिश्नोई के निजी सचिव अभिषेक ने बताया कि अगले हफ्ते 16 मई तक वह अमेरिका से वापस आ सकते हैं। इसके बाद समर्थकों की बैठक बुला सकते हैं। कुलदीप ने इससे पहले भी कांग्रेस छोड़ने से पहले समर्थकों की राय जानी थी। जिसके बाद भाजपा जॉइन की थी। कुलदीप बिश्नोई के पास ये 3 ऑप्शन... सैलजा के करीबी हैं चंद्रमोहन चंद्रमोहन बिश्नोई हरियाणा में कांग्रेस के अनुभवी विधायकों में से एक हैं। उन्होंने पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा के समकक्ष ही राजनीति की शुरुआत की थी। पहली बार 1993 में कालका से विधायक बने थे और अब 5 वीं बार पंचकूला से विधायक चुने गए हैं। चंद्रमोहन की गिनती सैलजा गुट के बड़े नेताओं में होती है। चंद्रमोहन ने कुमारी सैलजा के लिए अपने भाई कुलदीप बिश्नोई के एरिया में कांग्रेस का प्रचार किया था। हालांकि दोनों भाई एक दूसरे के क्षेत्र में प्रचार से बचते रहे हैं। लोकसभा चुनाव में चंद्रमोहन ने फतेहाबाद जिले में कुमारी सैलजा के लिए प्रचार किया था। चंद्रमोहन हरियाणा में डिप्टी CM भी रहे हैं। रेखा शर्मा का वो बयान, जिस पर विवाद हुआ राज्यसभा सांसद रेखा शर्मा ने पंचकूला में भाजपा के मेयर प्रत्याशी श्यामलाल बंसल के नामांकन से पहले हुई जनसभा में पूर्व मुख्यमंत्री भजनलाल को लेकर विवादित बयान दिया था। उन्होंने कहा था- इस एरिया में भजनलाल और उनके बेटे चंद्रमोहन की बदमाशी थी। बदमाशी करके इन्होंने इलेक्शन जीते थे। भाषण के दौरान रेखा शर्मा के मुंह से बंसीलाल भी निकला, लेकिन वह रुक गईं। उस समय मंच पर मुख्यमंत्री नायब सैनी भी मौजूद थे। इसका वीडियो भी सामने आते ही पूर्व मुख्यमंत्री के बेटे व कांग्रेस विधायक चंद्रमोहन ने रेखा शर्मा को लीगल नोटिस भिजवाया था।
अमेरिका में हुए क्रूज हादसे के 15 दिन बीत जाने के बाद भी कोटा के दीपक सिंह राठौड़ का पता नहीं चल पाया है, जिससे परिजनों की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है। युवक का अब तक कोई सुराग नहीं मिलने पर बूंदी के कांग्रेस नेता चर्मेश शर्मा ने प्रधानमंत्री कार्यालय और मानवाधिकार आयोग से हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने शुक्रवार को नई दिल्ली प्रधानमंत्री कार्यालय सेवा तीर्थ पहुंचकर पीएम नरेंद्र मोदी के नाम ज्ञापन सौंपा है। उन्होंने युवक की तलाश और भारत सरकार से मदद की गुहार लगाई है। शनिवार को राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग नई दिल्ली ने चर्मेश शर्मा की ओर से शिकायत दर्ज की है। अमेरिका के बोस्टन तट के पास समुद्र तट से हुआ था लापता बता दें कोटा का रहने वाला दीपक सिंह 25 अप्रैल को ड्यूटी के दौरान अमेरिका के बोस्टन तट के पास समुद्र तट से लापता हो गया था। वह एक प्राइवेट शिपिंग कंपनी के क्रूज (जहाज ) पर कार्यरत है। राजस्थान बीज निगम के पूर्व निदेशक चर्मेश शर्मा ने बताया कि दीपक सिंह राठौड़ का परिवार जिस पीड़ा का सामना कर रहा है। उसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती है। इस मामले में भारत सरकार को अंतरराष्ट्रीय स्तर के सभी कूटनीतिक और वैधानिक प्रयास करने चाहिए। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग कार्यालय में भी दी थी शिकायत उन्होंने बताया कि इस संबंध में शुक्रवार को नई दिल्ली राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग कार्यालय में भी शिकायत दी थी। आयोग से अंतरराष्ट्रीय समन्वय से उच्च स्तरीय सर्च ऑपरेशन शुरू करवाने की मांग की। आयोग ने शिकायत दर्ज की है। चर्मेश शर्मा ने बताया कि पूर्व में दायर याचिका पर विदेश मंत्रालय ने दीपक सिंह राठौड़ का पता लगाने के लिए अमेरिका में शिकागो और बोस्टन स्थित दोनों महावाणिज्य दूतावास को लगा दिया है।
अमेरिका-ईरान अगले हफ्ते फिर इस्लामाबाद में बातचीत कर सकते हैं,ट्रंप बोले- ईरान के जवाब का इंतजार
रिपोर्ट के अनुसार अमेरिका ने ईरान के सामने 14 बिंदुओं वाला एक प्रस्तावित ड्राफ्ट रखा है। इसमें ईरान के परमाणु कार्यक्रम, होर्मुज जलडमरूमध्य में बढ़ते तनाव को कम करने और ईरान के उच्च स्तर पर समृद्ध (एनरिच्ड) यूरेनियम भंडार को किसी तीसरे देश भेजने जैसे अहम मुद्दे शामिल हैं।
होर्मुज जलडमरूमध्य पर ईरान का नया दांव: ‘पेट्रोयुआन’ से अमेरिका की आर्थिक ताकत को चुनौती?
ईरान का अनुमान है कि इस नई व्यवस्था से उसे हर साल 40 से 50 अरब डॉलर तक की आय हो सकती है। इससे अमेरिकी प्रतिबंधों के कारण कमजोर हुई उसकी अर्थव्यवस्था को राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
राम चरण की 'पेड्डी' ने नॉर्थ अमेरिका में रचा इतिहास, 4 घंटे में किया इतने डॉलर का प्री-सेल्स
'पेड्डी', भारतीय सिनेमा की सबसे बड़ी फिल्मों में से एक, जिसका निर्देशन बुची बाबू सना ने किया है और जिसे वृद्धि सिनेमाज और मैत्री मूवी मेकर्स का साथ मिला है। इस फिल्म में राम चरण और जाह्नवी कपूर मुख्य भूमिकाओं में हैं। फिल्म ने 4 जून 2026 को अपनी ...
अमेरिकी सीनेटरों के दोनों पार्टियों के एक ग्रुप ने अमेरिकी डॉलर को दुनिया की रिजर्व करेंसी का दर्जा देने के लिए एक प्रस्ताव फिर से पेश किया है। सीनेटरों ने चेतावनी दी है कि चीन युआन के आस-पास एक दूसरा ग्लोबल फाइनेंशियल सिस्टम बनाने की कोशिशें तेज कर रहा है।
जयपुर में एक IRS ने बेटे की फेक डिग्री और जॉब बताकर शादी करा दी। IRS ने बेटे को अमेरिका में जॉब करना बताया था। शादी होने के बाद ससुराल में दुल्हन रहने लगी। इस दौरान करीब 2 साल तक उसका पति अमेरिका में जॉब पर नहीं गया। वह घर पर ही शराब के नशे में रहता था। ऐसे में युवती को धोखे का पता चला। धोखे से शादी करने की पोल खुलने पर मुरलीपुरा थाने में पीड़ित युवती के पिता ने बुधवार को मामला दर्ज करवाया। SHO वीरेंद्र सिंह कुरील ने बताया- मुरलीपुरा निवासी बुजुर्ग (61) ने दामाद और उसके IRS पिता के खिलाफ फेक डिग्री दिखाकर धोखे से शादी करने को लेकर रिपोर्ट दर्ज करवाई है। इसमें बताया कि बेटी की शादी के लिए परिचित ने रिश्ता सुझाया था। रिश्ता बताने पर IRS जगत प्रसाद (बदला हुआ नाम) से कॉन्टैक्ट किया। उसने अपने बेटे की एजुकेशनल क्वालिफिकेशन पंडित दीनदयाल पेट्रोलियम यूनिवर्सिटी अहमदाबाद (गुजरात) से बीटेक इलेक्ट्रिकल इंजीनियर होना बताया। साथ ही अमेरिका की एक्सपीडिया एमएनसी में जॉब करना बताया। विश्वास दिलाने के लिए एजुकेशनल क्वालिफिकेशन की डिग्री की कॉपी भी दिखाई गई। शराब और दूसरे नशे में पति मिला तो की पिता से शिकायत SHO वीरेंद्र सिंह कुरील ने बताया- पीड़ित पिता ने कहा कि दामाद की क्वालिफिकेशन और जॉब को देखते हुए बेटी का रिश्ता जगत के बेटे से तय कर दिया। मई 2023 में शादी होने पर बेटी शिपिंग कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया की जॉब छोड़कर ससुराल चली गई। ससुराल में पति के साथ रहने लगी। इस दौरान बेटी को पति के कोई जॉब नहीं करने का पता चला। पति की नॉलेज और बिहेवियर डिग्री के अकॉर्डिंग नहीं होने के साथ ही शराब व दूसरे नशे करने का भी पता चला। बेटी के बताने पर पिता ने IRS जगत से इन बातों का जिक्र किया। तब IRS ने अपने बेटे की डिग्री के बारे में विश्वास दिलाया। IRS ने भेजी डिग्री कॉपी, जांच में मिली फेक पीड़ित पिता ने पुलिस को बताया कि IRS जगत ने बेटे की डिग्री की कॉपी भी भेज दी। इस पर मैंने उस डिग्री पर छपे बारकोड पर सर्च किया तो दूसरे व्यक्ति का नाम होने की जानकारी मिली। यह डिग्री पंडित दीनदयाल पेट्रोलियम यूनिवर्सिटी अहमदाबाद से बीटेक सिविल इंजीनियर पासआउट वर्ष 2020 की थी। वहीं IRS जगत की ओर से जो डिग्री दी गई थी, वह वर्ष 2017 की बीटेक इलेक्ट्रिक इंजीनियर की थी। IRS ने अपने बेटे के साथ डिग्री में काट-छांटकर कर धोखा देकर बेटी से शादी की थी। जॉब की पूछताछ की तो करने लगा फेक डॉक्यूमेंट की जुगाड़ पीड़ित पिता ने पुलिस को बताया- अक्टूबर 2025 में जॉब के बारे में दामाद को बार-बार पूछा गया। इस दौरान दामाद के मोबाइल में एक चैट मिली। इसमें 27 अक्टूबर 2025 को वह अपने एक दोस्त से चैट कर फेक डिग्री से सीनियर एडवाइजर पद का एक्सपीरियंस लेटर बनवाने की मांग कर रहा था। पीड़ित पिता ने कहा- झूठे डॉक्यूमेंट के आधार पर बेटी के साथ शादी कर उसका जीवन बर्बाद कर दिया गया।
अमेरिका के 3 जहाजों पर ईरानी हमला नाकाम, CENTCOM का पलटवार, कई ईरानी ठिकाने तबाह
अमेरिका और ईरान के बीच तनाव फिर बढ़ गया है। अमेरिकी सेना ने दावा किया कि ईरान ने होर्मुज में अमेरिकी नौसेना के तीन जहाजों पर हमला करने की कोशिश की, जिसे अमेरिकी सेना ने नाकाम कर दिया। अमेरिकी नौसेना ने भी ईरान पर जमकर पलटवार किया है। इससे दोनों ...
होर्मुज जलडमरूमध्य में टकराव: अमेरिकी जहाजों पर ईरानी मिसाइलें
मध्य पूर्व में हालात एक बार फिर बिगड़ते दिख रहे हैं। अमेरिकी सेना ने दावा किया है कि उसने ईरान के बंदर अब्बास और केशम में सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है
सिटी रिपोर्टर | उदयपुर भीषण गर्मी के बीच आगजनी की आशंका को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने अस्पतालों में अग्नि सुरक्षा को लेकर सतर्कता बढ़ा दी है। फायर सेफ्टी वीक के तहत गुरुवार को झाड़ोल सैटेलाइट और जीबीएच अमेरिकन हॉस्पिटल में मॉकड्रिल की गई। इसमें चिकित्सा स्टाफ को आपात स्थिति में त्वरित और सुरक्षित कार्रवाई का प्रशिक्षण दिया गया। मॉकड्रिल के दौरान मरीजों की सुरक्षित निकासी, अग्निशमन उपकरणों के सही उपयोग और आपदा प्रबंधन के जरूरी उपायों की जानकारी दी गई। अस्पतालों में सुरक्षा मानकों की प्रभावी पालना पर विशेष जोर रहा। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अशोक आदित्य ने बताया कि जिले के सभी चिकित्सा संस्थानों में सुरक्षा शपथ दिलाई गई। चिकित्सा कर्मियों ने आपदा या आगजनी की स्थिति में संयम और तत्परता से कार्य करने का संकल्प लिया। गर्मी में बढ़ता है आग का खतरा : अतिरिक्त मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. रागिनी अग्रवाल ने कहा कि गर्मी के मौसम में अस्पतालों में आग लगने की आशंका बढ़ जाती है। सुरक्षा उपायों में कमी होने पर बड़ा नुकसान हो सकता है। इसे देखते हुए मेडिकल कॉलेज, जिला अस्पताल, उपजिला अस्पताल, सैटेलाइट और निजी अस्पतालों को 4 से 10 मई तक चल रहे फायर सेफ्टी वीक के निर्देशों का पालन करने को कहा गया है। उपकरण और मॉकड्रिल अनिवार्य : शहर प्रभारी उप निदेशक डॉ. कैलाश शर्मा ने सभी संस्थानों में फायर एक्सटिंग्विशर, स्मोक डिटेक्टर और फायर अलार्म जैसे उपकरण उपलब्ध रखने के निर्देश दिए। साथ ही नियमित मॉकड्रिल और तय चेकलिस्ट के अनुसार जानकारी आईएचआईपी पोर्टल पर अपलोड करने को कहा। झाड़ोल बीसीएमओ डॉ. धर्मेंद्र गरासिया ने भी स्टाफ को अग्नि सुरक्षा शपथ दिलाई। कार्यक्रम में चिकित्सा विभाग के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के खिलाफ वाराणसी के अपर जिला जज एमपी-एमएलए कोर्ट संख्या पंचम में मामले की सुनवाई हुई। राहुल गांधी की ओर से कोई अधिवक्ता पेश नहीं हुआ, साथ ही राहुल गांधी की ओर से कोई जवाब भी दाखिल नहीं किया गया । कोर्ट ने सुनवाई लिए जब पुकार लगाई तो कोई पक्ष से पेश नहीं हुआ, इसके बाद राहुल गांधी को कोर्ट में स्वयं या वकील के जरिए पेश होने का सम्मन जारी किया गया। कोर्ट ने अगली सुनवाई के लिए 12 मई 2026 की तारीख तय कर दी है। अब अगली तारीख पर पक्षकारों की ओर से दलीलें रखे जाने की संभावना है। विशेष न्यायाधीश (एमपी-एमएलए) यजुर्वेद विक्रम सिंह ने राहुल गांधी को 12 मई को कोर्ट में तलब किया है। उन्हें कोर्ट में हाजिर होने के लिए समन भी भेजा गया है, इस पर उन्हें फिजिकली बुलाया है। राहुल गांधी पर अमेरिका के न्यूयॉर्क में ब्राउन यूनिवर्सिटी में भगवान राम को काल्पनिक कहने का आरोप है। राहुल ने भगवान श्रीराम को लेकर विवादित बयान दिए थे। उन्होंने भगवान राम को 'पौराणिक' बताया था और उस युग पर बताई जाने वाली कहानियों को काल्पनिक कहा था। इस मामले में वकील हरिशंकर पांडेय ने पुनरीक्षण याचिका दाखिल की है। राहुल गांधी पिछली तारीख पर भी वाराणसी कोर्ट नहीं पहुंचे थे, इस वजह से उनके मामले की सुनवाई नहीं हो सकी। अब आज कोर्ट इस परिवार पर फिर सुनवाई करेगा। अदालत ने संकेत दिया है कि यदि 12 को राहुल गांधी उपस्थित नहीं होते हैं तो आगे की संवैधानिक कार्रवाई की जाएगी। वकील हरीशंकर की दलील हरीशंकर शंकर पाण्डेय एडवोकेट ने 12 मई 2025 को याचिका दायर की थी। इसमें उन्होंने दावा किया था कि राहुल गांधी 21 अप्रैल को अमेरिका के बोस्टन गए थे। यहां पर ब्राउन यूनिवर्सिटी में स्टूडेंट्स के साथ उनका एक सेशन था। कोर्ट में कहा- राहुल गांधी 'राम द्रोही' हैं और भगवान राम के अस्तित्व पर सवाल उठाकर देश की भावनाओं को ठेस पहुंचाई है। उनकी सरकार ने राम मंदिर का विरोध किया और वह विदेश में जाकर भगवान राम के अस्तित्व पर सवाल उठा रहे हैं। आरोप लगाया कि राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी लगातार सनातन धर्म के पूर्व अवतारों और महान प्रतीकों पर अनाप-शनाप बयान देकर हिंदुओं को अपमानित कर रही। उन्होंने कोर्ट से राहुल के इन स्टेटमेंट पर केस दर्ज किया जाए। कोर्ट में याचिकाकर्ता की मेंटेनिबिलिटी (मानसिकता) पर पहले बहस होगी इसके बाद तय होगा कि राहुल गांधी के खिलाफ केस चलाया जाए या नहीं। हालांकि इससे पहले MP-MLA कोर्ट ने आवेदन देखने के बाद एडवोकेट को 16 मार्च डेट दी थी। कोर्ट ने ऑर्डर रिजर्व रख लिया और बाद में याचिका को खारिज कर दिया। 12 मई को पहली याचिका, फिर 26 सितंबर को रिवीजन पिटीशन हरिशंकर पांडेय ने अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (एमपी-एमएलए) की अदालत में परिवाद दायर किया था। सुनवाई बाद विशेष मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (एमपी-एमएलए) की अदालत ने परिवाद को 12 मई, 2025 को निरस्त कर दिया था। इसके खिलाफ हरिशंकर पांडेय ने 26 सितंबर को जिला जज की कोर्ट में पुनरीक्षण याचिका दायर की थी। राहुल ने कहा था- BJP का दृष्टिकोण नफरत फैलाने वाला राहुल गांधी से पूछा गया था कि हिंदू राष्ट्रवाद के दौर में धर्मनिरपेक्ष राजनीति कैसी होनी चाहिए? क्या महात्मा गांधी के विचारों को इसके खिलाफ इस्तेमाल किया जा सकता है? जवाब में राहुल गांधी ने कहा था- भारत के सभी महान सुधारक और विचारक, जैसे बुद्ध, गुरु नानक, गांधी और अंबेडकर बिना भेदभाव के रहे। ये लोग क्षमाशील, दयालु और सहिष्णु थे। लेकिन, भाजपा का दृष्टिकोण हिंदू धर्म का प्रतिनिधित्व नहीं, नफरत फैलाने वाला है।
होर्मुज स्ट्रेट मिशन पर अमेरिका को झटका, सऊदी अरब ने नहीं दी एयरस्पेस की अनुमति
अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस मिशन को रोकने की सबसे बड़ी वजह सऊदी अरब का सहयोग न मिलना था। कहा जा रहा है कि सऊदी नेतृत्व ने अमेरिकी सैन्य विमानों को अपने एयरस्पेस और एयरबेस इस्तेमाल करने की अनुमति देने से इनकार कर दिया, जिससे पूरे ऑपरेशन की रणनीति प्रभावित हो गई।
मोगा जिले में अमेरिका भेजने के नाम पर एक युवक से 47.87 लाख रुपए की ठगी का मामला सामने आया है। इस संबंध में एक ट्रैवल एजेंट सहित तीन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। पीड़ित युवक को अवैध तरीके से विदेश भेजा गया था, जहां उसे एक साल जेल में बिताने के बाद भारत लौटना पड़ा।गांव चक्क तारेवाला निवासी महिंदर सिंह ने पुलिस को शिकायत दी है। उन्होंने बताया कि उनके बेटे अमरजीत सिंह विदेश जाना चाहते थे। इसी दौरान उनकी मुलाकात काकू सिंह और मंगल सिंह से हुई, जिन्होंने उन्हें जालंधर के ट्रैवल एजेंट नगिंदर खुल्लर से मिलवाया।आरोपियों ने अमरजीत को फिल्म शूटिंग के बहाने वैध वीजा पर अमेरिका भेजने का आश्वासन दिया था। शिकायतकर्ता के अनुसार, आरोपियों ने उनसे पहले साढ़े चार लाख रुपये नकद और अमरजीत का पासपोर्ट ले लिया। 19 नवंबर को तुर्की गया पीड़ित इसके बाद, अमरजीत को पिछले साल 19 नवंबर को तुर्की भेजा गया। वहां से उसे 'डंकी रूट' के जरिए जंगलों के रास्ते अवैध रूप से आगे ले जाया गया। बाद में उसे होंडुरास पहुंचाया गया, जहां आरोपियों ने 20 लाख रुपए की मांग की और जान से मारने की धमकी दी। परिवार ने मजबूरी में यह रकम भेज दी। कुछ समय बाद, युवक को मैक्सिको बॉर्डर पर पहुंचाया गया। यहां आरोपियों ने फिर 22 लाख रुपए की मांग की, जिसे परिजनों ने भेज दिया। इसके अतिरिक्त, 2 लाख रुपए ऑनलाइन भी ट्रांसफर किए गए। इसके बाद अमरजीत को एक कैंप में बंद कर दिया गया, जहां से अमेरिकी पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया। करीब एक साल अमेरिकी जेल में बिताने के बाद अमरजीत सिंह हाल ही में 18 दिसंबर को भारत लौट आए। इस मामले में थाना धर्मकोट पुलिस ने ट्रैवल एजेंट नगिंदर खुल्लर, काकू सिंह और मंगल सिंह के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
ईरान-अमेरिका तनाव: ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ खत्म, लेकिन शांति दूर
अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने घोषणा की कि ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ समाप्त हो चुका है
होर्मुज स्ट्रेट पर संकट: अमेरिका ने दी ईरान को कड़ी चेतावनी
होर्मुज स्ट्रेट में बढ़ते तनाव और दुनिया के सबसे व्यस्त ऊर्जा गलियारों में से एक में लंबे समय तक रुकावट की आशंकाओं से वैश्विक तेल बाजारों पर दबाव बढ़ रहा है
पंजाबी सिंगर दिलजीत दोसांझ का वर्ल्ड टूर औरा-2026 विवादों में आ गया। कनाडा में लगातार खालिस्तान समर्थक दिलजीत दोसांझ के लाइस कॉन्सर्ट में विरोध कर रहे हैं। दिलजीत भी शो के दौरान ही खालिस्तान समर्थकों को जवाब दे रहे हैं। अब सिख फॉर जस्टिस के प्रमुख व आंतकी गुरपतवंत सिंह पन्नू ने दिलजीत को धमकी दी है और कहा है कि कनाडा में तेरा विरोध हो रहा है और जब अमेरिका आएगा यहां भी विरोध किया जाएगा। आतंकी पन्नू ने वीडियो मैसेज जारी करके दिलजीत दोसांझ को धमकी दी है। दिलजीत दोसांझ के मेरा भारत महान कहने और अमिताभ बच्चन के पैर छूने पर आतंकी पन्नू को एतराज है। पन्नू ने दिलजीत को अहंकारी कहा और कहा कि तेरा ये घमंड ही तेरा दुश्मन है। पन्नू ने कहा कि दिलजीत दोसांझ का जमीर मर चुका है। आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू ने दिलजीत दोसांझ के लिए कही ये दो अहम बातें.. 1.अभी सिर्फ झंडे दिखे हैं डंडा नहीं, तुम्हारा घमंड ही तुम्हें ले डूबेगा दिलजीत ने शो के दौरान उपद्रव मचाने वाले खालिस्तान समर्थकों को बाहर निकालने की बात कही थी जिस पर आतंकी पन्नू तिलमिला गया। उसने दिलजीत दोसांझ को धमकी देते हुए कहा कि जो खालिस्तान के झंडे खालिस्तान समर्थक आए थे, तुमने अपने अहंकार में उन्हें 'बाहर मारो' कहा। याद रखना, उन झंडों में अभी सिर्फ कपड़ा था, डंडा नहीं। अभी तुम्हारे शो कनाडा और अमेरिका में होने हैं। वक्त बताएगा कि तुम्हारा यह घमंड और अहंकार ही तुम्हारा सबसे बड़ा दुश्मन बन चुका है। इसी के नीचे तुम दबाए जाओगे। 2.अमिताभ बच्चन के पैर छूने पर उठाए सवाल आतंकी पन्नू ने दिलजीत दोसांझ को 'भारतीय दोसांझ' कहकर संबोधित किया। पन्नू ने पुरानी बातों को कुरेदते हुए कहा कि दिलजीत की ज़मीर उसी दिन मर गई थी, जिस दिन उन्होंने अमिताभ बच्चन के पैर छुए थे। पन्नू का तर्क है कि 1984 के दंगों के दौरान बच्चन ने कथित तौर पर भड़काऊ नारे लगाए थे। पन्नू ने वीडियो में कहा, दोसांझ का भारत महान! वही भारत जिसने दरबार साहिब पर हमला किया और सिखों की नस्लकुशी की। आतंकी पन्नू ने दिलजीत को चेतावनी देते हुए कहा कि अभी तो सिर्फ खालिस्तानी झंडे दिखे हैं, अमेरिका और कनाडा के आगामी शोज में उसका घमंड उसे भारी पड़ेगा। जानें क्या है दिलजीत दोसांझ और खालिस्तान समर्थकों का पूरा विवाद... दिलजीत को लेकर पहले भी कंट्रोवर्सी हुई 1. KBC में अमिताभ बच्चन के पैर छूना: साल 2025 का सबसे बड़ा विवाद तब शुरू हुआ जब दिलजीत दोसांझ 'कौन बनेगा करोड़पति' (KBC) के सेट पर पहुंचे और उन्होंने अमिताभ बच्चन के पैर छुए व उनका आशीर्वाद लिया। आतंकी संगठन 'सिख फॉर जस्टिस' (SFJ) और गुरपतवंत सिंह पन्नू ने इसकी कड़ी निंदा की। आरोप लगाया कि दिलजीत उन लोगों का सम्मान कर रहे हैं, जिनका नाम 1984 के सिख दंगों के दौरान विवादों में आया था। इसके बाद से ही पन्नू ने दिलजीत को 'टारगेट' करना शुरू किया। 2. 'भारत का पोस्टर बॉय' होने का आरोप: 2025 के टूर के दौरान कई कट्टरपंथी संगठनों ने सोशल मीडिया पर दिलजीत के खिलाफ मुहिम चलाई। उन्हें भारत सरकार का एजेंट और बीजेपी-आरएसएस का समर्थक कहा गया। संगठनों का आरोप था कि दिलजीत अपनी लोकप्रियता का इस्तेमाल विदेशों में भारत सरकार की छवि सुधारने व सिख समुदाय के बीच केंद्र सरकार की पैठ बनाने के लिए कर रहे हैं। 3. तिरंगे और राष्ट्रवाद को लेकर विवाद: पिछले टूर के कुछ शो के दौरान दिलजीत ने गर्व के साथ भारतीय तिरंगा लहराया और गर्व जताया। खालिस्तान समर्थकों ने इसे सिख विरोधी कृत्य करार देने की कोशिश की। उन्होंने तर्क दिया कि दिलजीत को केवल पंजाबी पहचान को प्रमोट करना चाहिए, न कि भारतीय राष्ट्रवाद को। 4. सिडनी और मेलबर्न शो के दौरान नारेबाजी: 2025 के अंत में जब दिलजीत ऑस्ट्रेलिया में परफॉर्म कर रहे थे, तब स्टेडियम के बाहर कुछ छोटे समूहों ने खालिस्तानी झंडे लेकर प्रदर्शन किया था। 5. सोशल मीडिया वॉर और धमकियां: दुनिया के कई बड़े देशों में हो रहे 'ऑरा' टूर के दौरान पन्नू ने कई वीडियो जारी किए। इन वीडियो में दिलजीत को चेतावनी दी गई कि वे भारत के एजेंडे को आगे बढ़ाना बंद करें, वरना उनके ग्लोबल शोज में खलल डाला जाएगा।
अमृतसर के रंजीत एवेन्यू इलाके में दिनदहाड़े एक घर में तोड़फोड़ और चोरी करने का मामला सामने आया है। इस घटना ने इलाके में सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जानकारी के अनुसार, 3 मई को कुछ व्यक्तियों ने जबरन घर में प्रवेश किया। घर के मालिक उस समय मौजूद नहीं थे, लेकिन उनके भाई को फोन के जरिए घटना की सूचना मिली। जब पीड़ित का परिवार मौके पर पहुंचा तो उन्होंने देखा कि घर के ताले और खिड़कियां तोड़ी गई थीं और अंदर भारी तोड़फोड़ हुई थी। आरोपियों ने घर में लगे सीसीटीवी कैमरों को भी नुकसान पहुंचाया, ताकि उनकी पहचान न हो सके। हालांकि, पास के घर में लगे कैमरों में पूरी घटना कैद हो गई है, जो जांच में अहम सबूत बन सकती है। अहम दस्तावेज और सामान गायब पीड़ित परिवार के भाई आत्मजीत सिंह ने बताया कि उनके भाई 3 तारीख को बच्चों के कन्वोकेशन में शामिल होने के लिए अमेरिका गए हुए थे। वहां से जब उन्होंने घर के कैमरे चेक किए, तो उन्हें कुछ गड़बड़ी महसूस हुई। इस पर उन्होंने तुरंत मुझे सूचित किया। आत्मजीत सिंह ने बताया कि वह स्वयं अमृतसर के रहने वाले हैं। उन्होंने फोन पर ही पुलिस को शिकायत दी, जिसके बाद तुरंत कार्रवाई करते हुए घर पहुंचकर एक व्यक्ति को मौके पर ही काबू कर लिया। पुलिस आरोपी को पकड़ चुकी थी जब आत्मजीत सिंह वहां पहुंचे, तब तक पुलिस आरोपी को पकड़ चुकी थी। पीड़ित के भाई ने आरोप लगाया कि आरोपियों ने घर में चोरी की है। चोरी हुए सामान में कंपनी से जुड़े महत्वपूर्ण दस्तावेज, साइन किए हुए ब्लैंक पेपर, चेक बुक और 12 हजार रुपये कैश शामिल है। मुख्य आरोपी पहले भी धमका चुका परिवार ने यह भी आरोप लगाया कि मुख्य आरोपी पहले भी उन्हें धमका चुका है और कई बार घर के बाहर आकर परेशान करता था। पुलिस ने तीन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है, जिनमें से दो आरोपी अभी फरार हैं। परिवार ने की सख्त कार्रवाई की मांग पुलिस का कहना है कि बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद चोरी हुए दस्तावेजों की बरामदगी की संभावना है। वहीं, पीड़ित परिवार ने प्रशासन से मांग की है कि फरार आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर सख्त कार्रवाई की जाए और उनके जरूरी दस्तावेज वापस दिलाए जाएं।
अमेरिका-ईरान में तनाव बढ़ने से भारतीय शेयर बाजार गिरावट के साथ खुला, बैंकिंग सेक्टर में बिकवाली
अमेरिका-ईरान में तनाव बढ़ने से भारतीय शेयर बाजार लाल निशान में खुला। सुबह सेंसेक्स 165.65 अंक या 0.21 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 77,103.72 और निफ्टी 66.70 अंक या 0.28 प्रतिशत की गिरावट के साथ 24,052.60 पर था।
भारतीय अमेरिकियों ने बंगाल में भाजपा की जीत का किया स्वागत
अमेरिका में भारतीय अमेरिकी नेताओं ने पश्चिम बंगाल में भारतीय जनता पार्टी की जीत का स्वागत किया है। उन्होंने इसे ऐतिहासिक जनादेश और राज्य में शासन, सुरक्षा और विकास के लिए एक महत्वपूर्ण मोड़ बताया है।
गयाजी में विश्व के करीब 40 देशों से आए 76 विदेशी श्रद्धालुओं ने सोमवार को फल्गु नदी तट स्थित देवघाट पर पिंडदान किया और अपने पितरों की आत्मा की शांति के लिए कर्मकांड किया। इस दौरान विदेशी श्रद्धालुओं ने सिर्फ अपने पूर्वजों के लिए ही नहीं, बल्कि अमेरिका-ईरान युद्ध में जान गंवाने वाले लोगों की आत्मा की शांति के लिए भी विशेष पिंडदान कराया। देवघाट पर सुबह से ही विदेशी श्रद्धालुओं को लेकर चर्चा हो रही थी, हालांकि वे सुबह नहीं पहुंच सके। दोपहर में विदेशी श्रद्धालु पण्डा के साथ देव घाट पहुंचे। अमेरिका, फ्रांस, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया, यूक्रेन, रूस समेत कई देशों से पहुंचे श्रद्धालु सनातन विधि से कर्मकांड में शामिल हुए। स्थानीय पंडाओं ने मंत्रोच्चार के बीच पिंडदान संपन्न कराया। करीब डेढ़ घंटे तक पिंडदान की प्रक्रिया चली। विदेशी श्रद्धालु भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा के प्रति गहरी आस्था के साथ पूजा-अर्चना करते दिखे। विदेशी श्रद्धालुओं की सनातन धर्म में आस्था बढ़ रही स्थानीय पंडा छोटू बारिक ने बताया कि 76 विदेशी श्रद्धालुओं ने अपने पितरों की मोक्ष प्राप्ति और आत्मा की शांति के लिए पिंडदान किया। उन्होंने कहा कि इन श्रद्धालुओं की सनातन धर्म में विशेष आस्था है। यही वजह है कि दुनिया के अलग-अलग देशों से यहां पहुंचकर उन्होंने गया जी की पावन धरती पर यह महत्वपूर्ण कर्मकांड किया। उन्होंने बताया कि अमेरिका-ईरान युद्ध में मारे गए लोगों की आत्मा की शांति के लिए भी विशेष रूप से पिंडदान किया गया। हालांकि भाषाई दिक्कत आ रही थी, लेकिन ट्रांसलेटर की मदद से पूरी प्रक्रिया की गई। पिंडदान करते आध्यात्मिक अनुभव रहा कमल बारिक ने कहा कि गया जी की धार्मिक महत्ता पूरी दुनिया में लगातार बढ़ रही है। विदेशी श्रद्धालु अब सिर्फ बौद्ध धर्म ही नहीं, बल्कि सनातन परंपरा से भी गहराई से जुड़ रहे हैं। यही कारण है कि इतनी बड़ी संख्या में विदेशी यहां पहुंच रहे हैं। श्रद्धालु दिवेश दास ने कहा कि गया जी आकर पिंडदान करना उनके लिए आध्यात्मिक अनुभव रहा। यहां की परंपरा, विधि और आस्था ने उन्हें गहराई से प्रभावित किया। अंतर्राष्ट्रीय आंतरिक शांति सम्मेलन में आए थे विदेशी ये सभी श्रद्धालु बोधगया में बीते 3 दिनों से चल रहे अंतर्राष्ट्रीय आंतरिक शांति सम्मेलन में भाग लेने आए थे। सम्मेलन में साईं माता लक्ष्मी भी आईं थी। इस दौरान बड़ी संख्या में विदेशी साधक बोधगया आए और सम्मेलन में शरीक हुए। सम्मेलन की समाप्ति के अगले दिन सोमवार को गयाजी के विष्णुपद मंदिर स्थित देवघाट में एक दिवसीय पिंडदान क्रिया सम्पन्न कराई। खास बात यह कि गयाजी की आध्यात्मिक शक्ति और सनातन परंपरा अब दुनियाभर के लोगों को अपनी ओर आकर्षित कर रही है।
राजस्थान के नागौर जिले में परंपरा और आधुनिकता का खूबसूरत संगम देखने को मिला। अमेरिका से अपनी प्रेमिका के साथ पैतृक गांव लौटे सॉफ्टवेयर इंजीनियर ने हिंदू रीति-रिवाजों से शादी की। विवाह के बाद अमेरिकन युवती ने भी हिंदू धर्म स्वीकार किया और ‘ईशा’ नाम धारण किया। दरअसल, नागौर जिले के आकोडा के पूर्व सरपंच और भाजपा मंडल अध्यक्ष प्रोफेसर दुर्गेश चौधरी के भतीजे आदित्य चौधरी ने अमेरिकी युवती एलाइजा हेंडरसन के साथ शादी की। भारतीय रीति-रिवाजों से हुए इस विवाह के बाद विदेशी बहू एलाइजा को हिंदू धर्म में दीक्षित कर नया नाम 'ईशा' दिया गया है। आदित्य चौधरी अमेरिका के कैलिफोर्निया में एक प्रतिष्ठित कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के पद पर कार्यरत हैं। वहीं उनकी पत्नी ईशा (एलाइजा) एक इन्वेस्टमेंट बैंकर हैं। जानकारी के अनुसार, दोनों एक ही ऑफिस में साथ काम करते थे, जहां उनकी जान-पहचान हुई और यह रिश्ता विवाह के बंधन तक पहुंचा। आदित्य के पिता और प्रोफेसर दुर्गेश चौधरी के छोटे भाई भारतीय वायु सेना में जूनियर वारंट ऑफिसर के पद पर तैनात थे। साल 2010 में हार्ट अटैक से उनके निधन के बाद प्रोफेसर चौधरी ने ही बच्चों की जिम्मेदारी संभाली। आदित्य ने जयपुर के स्कूल 'स्टेप बाय स्टेप' से पढ़ाई की, जहां उनके बड़े भाई फिजिक्स के हेड के तौर पर कार्यरत हैं। नागौर में हुआ विवाह का आयोजननागौर के एक मैरिज गार्डन में विवाह समारोह के बाद नव दंपती ने गांव आकर शादी के बाद देव दर्शन की पूरी रस्मों को पुरा किया। इस दौरान एलाइजा से ईशा बनी दुल्हन ने भी सभी रस्मों में हिस्सा लिया और मारवाड़ी गानों पर डांस भी किया। प्रोफेसर दुर्गेश चौधरी ने बताया कि आदित्य की एक बहन भी है, जो आर्किटेक्ट इंजीनियर है। पिता के निधन के बाद पूरे परिवार ने बच्चों की शिक्षा और करियर पर ध्यान दिया, जिसका सुखद परिणाम आज सबके सामने है। यह शादी 29 मार्च को हुई थी और सभी रस्मों को पूरा करने के बाद दोनों वापस अमेरिका लौट चुके हैं।
करनाल में असंध क्षेत्र के गंगाटेहड़ी गांव के 24 वर्षीय युवक सुखविंद्र सिंह के शव को अमेरिका से भारत लाने की कवायद शुरू हो गई है। बीती 26 अप्रैल की रात टेक्सास में एक स्टोर में शॉर्ट सर्किट से आग लगने के कारण सुखविंद्र की मौत हो गई थी, अब उसका शव अमेरिका में है और परिवार की आर्थिक हालत कमजोर होने के चलते उसे भारत लाने के लिए ऑनलाइन फंड जुटाया जा रहा है, ताकि परिजन अंतिम दर्शन कर सकें। इसके लिए समाजसेवी रणबीर लोहान ने रात को लाइव आकर लोगों से परिवार के मदद की गुहार लगाई है। शॉर्ट सर्किट से लगी आग, बचने का नहीं मिला मौकागंगाटेहड़ी गांव के सुखविंदर सिंह ढाई साल पहले बेहतर भविष्य की तलाश में अमेरिका गया था। 26 अप्रैल की रात वह टेक्सास में एक स्टोर पर काम करने के बाद अपने मालिक विक्रांत के साथ वहीं आराम कर रहा था। देर रात अचानक शॉर्ट सर्किट से स्टोर में भीषण आग लग गई। दोनों ने जान बचाने के लिए बाथरूम की खिड़की तोड़कर बाहर निकलने की कोशिश की, लेकिन जैसे ही ऑक्सीजन मिली, आग और तेज हो गई। धुएं और लपटों ने उन्हें बाहर निकलने का मौका नहीं दिया और दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। इकलौता बेटा था, परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़सुखविंदर सिंह अपने पिता शीशपाल सिंह का इकलौता बेटा था और परिवार का एकमात्र सहारा भी। उसे विदेश भेजने के लिए परिवार ने करीब 50 लाख रुपए का कर्ज लिया था। अभी कर्ज भी पूरा नहीं उतरा था कि बेटे की मौत ने परिवार को पूरी तरह तोड़ दिया। अब माता-पिता के सामने बेटे का गम और कर्ज दोनों बड़ी चुनौती बन गए हैं। शव को भारत लाने के लिए हो रही तैयारीसुखविंदर का पार्थिव शरीर फिलहाल टेक्सास में रखा गया है। कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद उसे कैलिफोर्निया के फ्रेस्नो शहर लाया जाएगा। इसके बाद प्रयास किया जा रहा है कि शव को भारत भेजा जा सके, ताकि परिवार अपने बेटे का अंतिम संस्कार गांव में कर सके और अंतिम दर्शन कर पाए। ऑनलाइन फंड से जुटाई जा रही मददपरिवार की आर्थिक स्थिति को देखते हुए शव को भारत लाने के लिए ऑनलाइन फंड इकट्ठा किया जा रहा है। सैकड़ों लोग इस मुहिम में सहयोग के लिए आगे आ रहे हैं। लोग आर्थिक मदद के साथ-साथ इस अपील को ज्यादा से ज्यादा साझा भी कर रहे हैं, ताकि और लोग मदद के लिए आगे आ सकें। समाजसेवी रणबीर लोहान ने की अपीलसमाजसेवी रणबीर लोहान ने लोगों से अपील की है कि इस दुख की घड़ी में परिवार का सहारा बनें। उन्होंने कहा कि शव को भारत लाने, कानूनी कागजी कार्रवाई और अंतिम संस्कार में काफी खर्च आता है, जो परिवार के लिए उठाना संभव नहीं है। ऐसे में समाज के सहयोग से ही यह काम पूरा हो सकता है। माता-पिता के बुझते चिराग को सहारे की जरूरतपरिवार ने भावुक अपील करते हुए कहा कि एक बूढ़े माता-पिता के बुझते चिराग को अब समाज के सहारे की जरूरत है। जो बेटा सपनों को पूरा करने विदेश गया था, अब उसी की अंतिम विदाई के लिए मदद मांगी जा रही है। लोगों से अपील है कि वे इस दुख की घड़ी में आगे आकर सहयोग करें, ताकि सुखविंदर को उसकी मिट्टी नसीब हो सके।
अमेरिकी कांग्रेस में ट्रंप पर महाभियोग लगाने की मांग तेज
यह केवल विचारधारा की बात भी नहीं है। यह इस बारे में नहीं है कि कोई प्रशासन की व्यापक नीतियों का समर्थन करता है या विरोध।
ईरान जंग ने तोड़ा नाटो और अमेरिका का रिश्ता
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भारतीय समयानुसार 2 अप्रैल की सुबह ईरान पर छिड़ी जंग को खत्म करने का ऐलान कर सकते हैं
अमेरिका ने चीन की एआई और रोबोट तकनीक से दी खतरे की चेतावनी
अमेरकी सांसदों और उद्योग विशेषज्ञों ने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), रोबोटिक्स और स्वायत्त प्रणालियों में चीन की प्रगति एक बढ़ता हुआ राष्ट्रीय सुरक्षा जोखिम पैदा कर रही है
अमेरिका-इजरायल के 'खतरनाक' संपर्कों से भारत सावधान रहें
नेतन्याहू एक बहुत ही तिरस्कृत व्यक्ति हैं जिनके खिलाफ युद्ध अपराध और मानवता के खिलाफ अपराधों के लिए संयुक्त राष्ट्र समर्थित अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय से गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया है।
भारत की संप्रभुता पर अमेरिका का हमला
अमेरिका के ईरान पर हमले के बाद दिवंगत आयतुल्लाह अली खामनेई के प्रतिनिधि डॉ. अब्दुल मजीद हकीम इलाही ने दावा किया कि यह हमला केवल ईरान तक सीमित नहीं रहेगा
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़े सैन्य तनाव के दौरान अभिनेत्री ईशा गुप्ता अबू धाबी में फंस गई थीं। एयरपोर्ट बंद होने और मिसाइल हमलों की खबरों के बीच उन्होंने भयावह हालात देखे। सुरक्षित लौटने के बाद ईशा ने यूएई प्रशासन और भारत सरकार का आभार जताया।
किसान यूनियन भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के खिलाफ एकजुट होकर लड़ेंगे
भारतीय किसान यूनियन भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के खिलाफ एकजुट होकर लड़ने के लिए कमर कस रहे हैं
अमेरिका का विश्व में आतंक, फायदा केवल पाकिस्तान को!
युद्ध में हत्याएं नहीं होती। हत्या होती है आतंकवाद में। जो अमेरिका सबसे ज्यादा आतंकवाद के खिलाफ बात करता है वही अब सबसे बड़ा आतंकवादी बन कर दिखा रहा है
कपास के किसानों का उदाहरण हमारे सामने है, जहां आयात शुल्क हटाने से घरेलू कीमतों में भारी गिरावट आई और किसान संकट में घिर गए
भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के अप्रत्याशित विजेता हैं राहुल गांधी
मोदी सरकार ने व्यापार समझौते को एक बड़ी कामयाबी के तौर पर पेश किया है, जो 30 ट्रिलियन डालर के अमेरिकी बाजार में खास पहुंच की रणनीतिगत और आर्थिक मूल्य को दिखाता है।
भारत को कमजोर करने वाला अमेरिकी व्यापार समझौता
व्यापार समझौते के बदले में अमेरिका के आदेशों के आगे भारत झुक गया है।
भारत-अमेरिका व्यापार समझौता भारत के किसानों के लिए सबसे बड़ा झटका साबित होगा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सरकार में उनके मंत्री और वफादार विशेषज्ञों को जनता को यह समझाने में बहुत दिक्कत हो रही है कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौते से भारत को क्या-क्या बड़े फायदे हो रहे हैं
विवादित हो सकते हैं भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के वायदे
महीनों की बातचीत और अनिश्चितताओं के बाद पिछले सप्ताहांत भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के पहले हिस्से के सम्पन्न होने पर जो उत्साह था
अमेरिका से व्यापार समझौते में सब गोलमाल!
अमेरिका से व्यापार समझौते पर मोदी सरकार बड़ी कामयाबी की डींगे हांक रही है, लेकिन धरातल पर नजर आ रहा है कि वह हारी हुई लड़ाई लड़ रही है।
मिशन-500 या कूटनीतिक आत्मसमर्पण? भारत-अमेरिका डील के अनकहे पहलू
मैंने भारत-अमेरिका द्विपक्षीय संबंधों और व्यापार वार्ता पर लगातार पांच आलेख लिखे—जो विभिन्न समाचार पत्रों में समय-समय पर प्रकाशित हुए
भारत-अमेरिका व्यापार समझौते की स्थिति को लेकर भ्रम की स्थिति
- नित्य चक्रवर्ती किसी भी व्यापारिक समझौते में हमेशा लेन-देन होता है। इसलिए, अमेरिका से ऐसी रियायतें पाने के लिए भारत की तरफ से कुछ रियायतें देने में कुछ भी गलत नहीं है, जो राष्ट्रीय हितों के लिए भारत के लिए ज़्यादा महत्वपूर्ण हैं। लेकिन बातचीत बराबरी के आधार पर होनी चाहिए क्योंकि भारत, वह भारत है, जो एक उभरती हुई अर्थव्यवस्था है भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर घोषणा की उम्मीद थी, लेकिन जिस तरह से राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दोनों ने सोशल मीडिया पर ऐसा किया, उससे बड़ा भ्रम पैदा हो गया है। नरेंद्र मोदी के साथ फोन पर बातचीत के बाद, ट्रंप ने सोमवार को दावा किया कि अमेरिका ने भारत के साथ एक व्यापार समझौता किया है, जिसके तहत उन्होंने भारतीय उत्पादों पर लगाए गए दंडात्मक टैरिफ को 25 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया है, जिसके बदले में भारत कुछ अमेरिकी सामान पर अपने टैरिफ कम करेगा, अधिक अमेरिकी उत्पाद खरीदेगा, और रूसी तेल की खरीद बंद कर देगा। सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में, मोदी ने लिखा कि वह टैरिफ में कमी से 'खुश' हैं, लेकिन उन्होंने विवरण नहीं दिया, जिसमें यह भी शामिल नहीं था कि क्या उनका देश रूसी तेल खरीदना बंद कर देगा जैसा कि ट्रंप ने दावा किया था। उन्होंने यह भी नहीं बताया कि व्यापार समझौता अंतिम रूप से तय हो गया है। मोदी ने लिखा, 'जब दो बड़ी अर्थव्यवस्थाएं और दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र एक साथ काम करते हैं, तो इससे हमारे लोगों को फायदा होता है और आपसी लाभकारी सहयोग के लिए अपार अवसर खुलते हैं।' मोदी ने यह भी नहीं बताया जो ट्रंप ने कहा कि भारत '500अरब डॉलर से अधिक अमेरिकी ऊर्जा, प्रौद्योगिकी, कृषि, कोयला, और कई अन्य उत्पादों के अलावा, अमेरिकी सामान खरीदने के लिए बहुत उच्च स्तर पर प्रतिबद्ध है,' और यह कि भारत 'संयुक्त राज्य अमेरिका के खिलाफ अपने टैरिफ और गैर-टैरिफ बाधाओं को कम करके शून्य पर लाने के लिए आगे बढ़ेगा।' फोन पर बातचीत के बाद अमेरिकी और भारतीय नेताओं द्वारा जारी किए गए बयानों के लहजे में एक ध्यान देने योग्य अंतर था। नई दिल्ली में भाजपा और सरकारी हलकों में काफी उत्साह था। हर कोई भारतीय सरकार की तरफ से विस्तृत जानकारी की उम्मीद कर रहा था, लेकिन कुछ भी सामने नहीं आया। यहां तक कि अपनी पार्टी के सांसदों की बैठक में भी, मोदी ने अधिक विवरण नहीं दिया, सिवाय इसके कि भारत की ओर से धैर्य रखने का फल मिला। सटीक स्थिति क्या है? सरकारी सूत्र वाशिंगटन से अधिक विवरण की प्रतीक्षा करने के अलावा और कुछ नहीं बता रहे हैं। यह स्पष्ट है कि ट्रंप ने मौजूदा 50 प्रतिशत जिसमें 25 प्रतिशत जुर्माना भी शामिल है, के मुकाबले पारस्परिक व्यापार दर को घटाकर 18 प्रतिशत करने पर सहमति व्यक्त की है। ट्रंप के अनुसार, यह तुरंत प्रभाव से लागू होता है। अगर ऐसा है, तो यह भारत के लिए एक बड़ी जीत है, जबकि इसके मुकाबले चीन 37 प्रतिशत, वियतनाम 20 प्रतिशत, बांग्लादेश 20 प्रतिशत और यहां तक कि पाकिस्तान भी 19 प्रतिशत पर है। लेकिन भारत ने अमेरिका को सोयाबीन, डेयरी और अन्य कृषि उत्पादों के सेक्टर में क्या रियायतें दीं? क्या मोदी ने रूस से सस्ते दाम पर भी तेल का सारा आयात बंद करने पर सहमति दे दी है? पहले भी ट्रंप ने दावा किया था कि भारत ने रूस से खनिज तेल का आयात इंपोर्ट बंद कर दिया है, लेकिन आयातप्रतिस्पर्धी मूल्य के आधार पर हो रहा था। असल में, अभी भी, अन्तरराष्ट्रीय खनिज तेल व्यापार सूत्रों के अनुसार, रूसी कच्चा तेल अमेरिकी कच्चे तेल की तुलना में16डॉलर सस्ता है। अगर भारत रूसी तेल का पूरा आयात बंद कर देता है, तो भारत को यह अतिरिक्त लागत उठानी पड़ेगी। क्या मोदी सच में इसके लिए सहमत हो गए हैं? अगर वह सहमत हो गए हैं, तो उन्हें सामने आकर यह बात खुलकर बतानी चाहिए। आजकल किसी भी व्यापारिक समझौते में हमेशा लेन-देन होता है। इसलिए, अमेरिका से ऐसी रियायतें पाने के लिए भारत की तरफ से कुछ रियायतें देने में कुछ भी गलत नहीं है, जो राष्ट्रीय हितों के लिए भारत के लिए ज़्यादा महत्वपूर्ण हैं। लेकिन बातचीत बराबरी के आधार पर होनी चाहिए क्योंकि भारत, वह भारत है, जो एक उभरती हुई अर्थव्यवस्था है और जिसमें 2028 तक दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की क्षमता है, जो चीन को भी पीछे छोड़ देगी। मोदी 1.4 अरब लोगों का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं और वह ट्रंप के कहने पर राष्ट्रीय हितों का बलिदान नहीं कर सकते। सवाल यह है कि क्या ट्रंप की शर्तों पर सहमत होते हुए भारत ने अपनी रणनीतिक स्वायत्तता बनाए रखी? अगर डील हो गई है, तो प्रधानमंत्री की यह बड़ी ज़िम्मेदारी है कि वह डील के बारे में विस्तार से बताएं। या, अगर यह अभी तक फाइनल नहीं हुई है और 18 प्रतिशत टैरिफ सिर्फ एक फ्रेमवर्क है, तो उन्हें यह भी बताना चाहिए। ट्रंप अपने ट्रूथ सोशल पर और भी बहुत कुछ कहते रहेंगे। अगर नरेंद्र मोदी असली स्थिति नहीं बताते हैं, तो वे बातें बिना चुनौती के बनी रहेंगी। यूरोपीय संघ और संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ लगातार व्यापार समझौते - एक जिसे 'सभी ट्रेड डील्स की जननी' कहा जा रहा है और दूसरा भारतीय सामान पर टैरिफ को 18 प्रतिशत तक कम करने वाला यह समझौता-से अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलने की व्यापक उम्मीद है, जिससे एक दशक में निर्यात में संभावित 150अरब डालर की वृद्धि होगी, ऐसा सरकार के करीबी विशेषज्ञ कहते हैं। ये समझौते टैरिफ कम करेंगे और बाज़ार की बाधाओं को आसान बनाएंगे, साथ ही भारत के मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को भी बढ़ावा देंगे, जिसमें श्रम-प्रधान टेक्सटाइल सेक्टर भी शामिल है। हालांकि, भारत चीन के मुकाबले अपनी प्रतिस्पर्धी बढ़त के ज़्यादा समय तक बने रहने की उम्मीद नहीं कर सकता, क्योंकि ट्रंप इस साल अप्रैल में अमेरिका-चीन व्यापार समझौते को अन्तिम रूप देने के लिए चीन जा रहे हैं और चीन के लिए टैरिफ दर निश्चित रूप से 20प्रतिशत से कम हो जाएगा। यह यूरोपीय यूनियन के 15 प्रतिशत या यूनाइटेड किंगडम के 10प्रतिशत के स्तर पर हो सकता है। इसलिए भारत को बहुत जल्द चीन के मुकाबले अपनी प्रतिस्पर्धी बढ़त को भूलना होगा। 50 प्रतिशत अमेरिकी टैरिफ ने कई चीज़ों पर असर डाला है। इनमें स्टील, टेक्सटाइल और फार्मास्यूटिकल्स जैसे सेक्टर शामिल हैं। उदाहरण के लिए, टैरिफ के बाद अमेरिका को स्टील की शिपमेंट में 40 प्रतिशत की गिरावट आई। यह सेक्टर पुन: सुधार की ओर जा रहा है और यह इस चरण में भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए बहुत मददगार होगा। यह देखना होगा कि भारतीय अर्थव्यवस्था पर इसके कुल असर का मूल्यांकन करने से पहले भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को आखिरकार उसके अन्तिम स्वरूप में आधिकारिक तौर पर कैसे पेश किया जाता है।
ललित सुरजन की कलम से - क्या अमेरिका भारत का दोस्त है?
दक्षिण अमेरिका के अधिकतर देश अभी हाल तक 'बनाना रिपब्लिक' के रूप में जाने जाते थे
बंदूक की नोक पर अमेरिकी राजनयिकता विश्व व्यवस्था को दे रही चुनौती
राज्य-प्रायोजित समुद्री डकैती के क्षेत्र पारंपरिक लाल सागर, ओमान की खाड़ी, सोमाली बेसिन से लेकर काला सागर और अब अटलांटिक तक फैल रहे हैं
ईरान में दिसंबर 2025 के आखिरी दिनों में आर्थिक संकट से भड़का आंदोलन अब सत्ता के खिलाफ खुले विद्रोह में बदल चुका है
रणवीर सिंह ने रचा इतिहास, नॉर्थ अमेरिका में यह रिकॉर्ड बनाने वाले बने पहले भारतीय अभिनेता
रणवीर सिंह ने एक बार फिर इतिहास रच दिया है और ऐसा कारनामा कर दिखाया है जो आज तक कोई भी भारतीय अभिनेता नहीं कर पाया। वह अब नॉर्थ अमेरिका में 10 मिलियन डॉलर से ज्यादा कमाई करने वाली तीन फिल्मों वाले अकेले भारतीय अभिनेता बन गए हैं।
अमेरिका में खुली 'बाहुबली द एपिक' की बुकिंग, सभी प्रीमियम लार्ज फॉर्मेट्स में होगी रिलीज
एसएस राजामौली की बाहुबली फ्रैंचाइज़ी पहली और सबसे बड़ी अखिल भारतीय फिल्म है जिसने भारतीय सिनेमा को नया रूप दिया और इतिहास रचा। दुनिया भर के दर्शकों द्वारा पसंद की गई इस महाकाव्य गाथा ने न केवल दिलों पर कब्ज़ा किया, बल्कि बॉक्स ऑफिस के रिकॉर्ड भी ...
'किंग' के सेट पर एक्शन करते वक्त घायल हुए शाहरुख खान, इलाज के लिए अमेरिका रवाना!
बॉलीवुड सुपरस्टार शाहरुख खान को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। शाहरुख अपनी अगली फिल्म 'किंग' की शूटिंग के दौरान घायल हो गए हैं। बताया जा रहा है कि एक एक्शन सीन करने के दौरान उन्हें चोट लग गई है, जिसके बाद शाहरुख को तुरंत इलाज के लिए भेजा गया।
कौन हैं असम की अर्चिता फुकन? अमेरिकी एडल्ड स्टार संग तस्वीर शेयर करके मचाई सनसनी
असम की रहने वाली अर्चिता फुकन इन दिनों सुर्खियों में छाई हुई है। बीते दिनों अर्चिता ने एक अमेरिकी एडल्ड स्टार केंड्रा लस्ट के साथ तस्वीर शेयर की थी, जो देखते ही देखते वायरल हो गई। इसके बाद से हर कोई जानना चाहता है कि आखिर अर्चिका फुकन है कौन? ...
द बंगाल फाइल्स के अमेरिका में होंगे 10 बड़े प्रीमियर, विवेक रंजन अग्निहोत्री ने रखी अपनी राय
इंडियन सिनेमा के सबसे साहसी फिल्ममेकर्स में से एक विवेक रंजन अग्निहोत्री अपने बेबाक अंदाज और दबी हुई सच्चाइयों को सामने लाने वाले कहानी कहने के अंदाज के लिए जाने जाते हैं। 'द ताशकंद फाइल्स' और ऑल टाइम ब्लॉकबस्टर 'द कश्मीर फाइल्स' के बाद अब वह अपनी ...
मोनाली ठाकुर ने की अमेरिका टूर की घोषणा, इन शहरों में करेंगी लाइव शो
नेशनल अवॉर्ड जीतने वाली सिंगर मोनाली ठाकुर आज देश की सबसे पसंदीदा आवाज़ों में से एक हैं। उनकी गायकी में ऐसा जादू है जो हर किसी के दिल को छू जाता है, फिर चाहे वो फिल्मी गाना हो, लाइव शो हो या कोई कॉन्सर्ट। मोनाली की सुरीली आवाज़ हर बार सुनने वालों के ...
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के सिनेमा टैरिफ के विरोध के साथ शुरू हुआ 78वां कान फिल्म समारोह
फिल्मकार क्वेंतिन तारंतीनों ने दुनिया भर से आए फिल्मी हस्तियों की उपस्थिति में ग्रैंड थिएटर लूमिएर में 78वें कान फिल्म समारोह का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि उन्हें गर्व है कि वे 78वें कान फिल्म समारोह के शुभारंभ की घोषणा कर रहे हैं। राबर्ट डिनिरो ...
4 साल की उम्र में श्रेया घोषाल ने ली संगीत की शिक्षा, अमेरिका में मनाया जाता है 'श्रेया घोषाल दिवस'
बॉलीवुड की फेमस सिंगर श्रेया घोषाल 12 मार्च को अपना बर्थडे सेलिब्रेट कर रही हैं। अपनी सुरीली आवाज से लाखों लोगों को दिवाना बनाने वाली श्रेया का जन्म 1984 में पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद में हुआ था। उन्होंने बेहद कम समय में अपनी सुरीली आवाज से बड़ी ...
बॉलीवुड एक्टर सुनील शेट्टी ने अपनी दमदार अदाकारी से दुनियाभर में पहचान बनाई है। लेकिन इतनी लोकप्रियता के बावजूद भी सुनील शे्टी को बुरे बर्ताव का सामना करना पड़ा था। हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान सुनील शेट्टी ने 2001 में अमेरिका में हुए अपने एक ...
भारतीय-अमेरिकी संगीतकार और उद्यमी चंद्रिका टंडन ने जीता ग्रैमी अवॉर्ड, देखिए विनर्स की पूरी लिस्ट
67वें ग्रैमी अवॉर्ड्स के विनर का ऐलान हो गया है। इस इवेंट का आयोजन लॉस एंजेलिस के डाउनटाउन में क्रिप्टो टाउन एरिना में हुआ। ट्रेवर नोआ ने ग्रैमी अवॉर्ड्स 2025 को होस्ट किया। भारतीय-अमेरिकी गायिका और उद्यमी चंद्रिका टंडन ने एल्बम 'त्रिवेणी' के लिए ...
अमेरिकी नौसेना के सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार से सम्मानित हुए टॉम क्रूज, हॉलीवुड स्टार ने जताई खुशी
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मिथुन चक्रवर्ती की पहली पत्नी हेलेना ल्यूक का निधन, अमेरिका में ली अंतिम सांस
मनोरंजन जगत से एक दुखद खबर सामने आई है। दिग्गज अभिनेता मिथुन चक्रवर्ती की पहली पत्नी हेलेना ल्यूक का निधन हो गया है। उन्होंने अमेरिका में आखिरी सांस ली। हेलेना के निधन की खबर मशहूर डांसर और एक्ट्रेस कल्पना अय्यर ने सोशल मीडिया के जरिए दी है। खबरों ...
Devara Part 1 advance booking: साउथ सुपरस्टार जूनियर एनटीआर की फिल्म 'देवरा : पार्ट 1' का फैंस बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। इस फिल्म के जरिए जाह्नवी कपूर भी साउथ इंडस्ट्री में कदम रखने जा रही हैं। 'देवरा : पार्ट 1' की रिलीज में अब केवल एक महीना बचा ...
अमेरिका में प्रभास की फिल्म 'कल्कि' का रिलीज से पहले जलवा, देखें मूवी मसाला
प्रभास, अमिताभ बच्चन, दीपिका पादुकोण और कमल हासन स्टारर फिल्म 'कल्कि 2898 AD' का फैंस के बीच जबरदस्त क्रेज है. हालांकि फिल्म के ट्रेलर को लोगों की मिलीजुली प्रतिक्रिया मिल रही है. वहीं, फिल्म अमेरिका में एडवांस बुकिंग के मामले में रिकॉर्ड बना रही है. देखें 'मूवी मसाला'.
अमेरिकाज गॉट टैलेंट में जम्मू की रहने वालीArshiya Sharma ने बजाय डंका, किया ऐसा कमाल किखड़े होकर तालियां बजाने लगे जजेस
Cannes में स्क्रीनिंग के बाद विवादों में घिरी पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपतिडोनाल्ड ट्रम्प की बायोपिक, फिल्म के इस सीन पर मचा हंगामा
कियारा आडवाणी शनिवार को कान्स फिल्म फेस्टिवल से इतर एक कार्यक्रम में शामिल हुईं। उनके खूबसूरत पिंक और ब्लैक गाउन के अलावा कुछ और भी था जिसने सबका ध्यान खींचा। रेड सी फिल्म फाउंडेशन के वीमेन इन सिनेमा गाला डिनर के रेड कार्पेट पर मीडिया को दिया गया उनका एक साक्षात्कार ऑनलाइन सामने आया है। इसमें कियारा को कान्स में पहली बार बोलने के बारे में दिखाया गया है, लेकिन उनका नया लहजा थोड़ा ध्यान भटकाने वाला है। इसे भी पढ़ें: Cannes Film Festival 2024 | पंजाबी गायिका सुनंदा शर्मा ने अपने कान्स डेब्यू में सफेद पंजाबी सूट-सलवार में बिखेरा जलवा कियारा का ताज़ा लहजा? कियारा वीडियो में कहती हैं कि इस कार्यक्रम में आमंत्रित किया जाना 'बहुत ही विनम्र' है, खासकर जब वह एक अभिनेता के रूप में 10 साल पूरे कर रही हैं। वह कहती हैं, यह बहुत खास पल पर भी आता है। उनके विशेष रूप से 'बहुत' और 'पर' कहने के अमेरिकी तरीके ने प्रशंसकों को आश्चर्यचकित कर दिया कि क्या वह एक नया उच्चारण करने का प्रयास कर रही हैं। इसे भी पढ़ें: वोट डालने पहुंचे Deepika Padukone और Ranveer Singh, एक्ट्रेस का दिखा बेबी बंप, पर वह भीड़ से खुद को छुपाती दिखी | Viral Video ट्विटर क्या कहता है? एक व्यक्ति ने ट्विटर पर भविष्यवाणी की, “बॉलीवुड ट्विटर आपके उच्चारण के बारे में बात करने आ रहा है… भागो, कियारा भागो।” और निश्चित रूप से, ऐसा हुआ। मंच पर कई ट्वीट्स में कियारा के नए लहजे पर हैरानी जताई गई। एक प्रशंसक ने लिखा, मैं उससे प्यार करता हूं, लेकिन वह लहजा क्यों। एक अन्य व्यक्ति ने कहा, “इसकी तुलना में उनका अपना उच्चारण वास्तव में अच्छा है।” एक अन्य व्यक्ति ने पूछा, भारतीय लहजा किसी भी तरह से बुरा या अपमानजनक नहीं है, फिर इन लोगों ने इसे क्यों नहीं चुना और पूरी चीज़ को बर्बाद कर दिया। एक अन्य व्यक्ति ने लिखा “क्या कियारा आडवाणी सोचती हैं कि जब वह इस तरह की बातें करती हैं तो वह किम कार्दशियन हैं? कृपया उस ऐंठन वाले लहजे को रोकें। आप इसके लिए कूल या मजाकिया नहीं हैं। कियारा इससे पहले वेरायटी द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में भी शामिल हुई थीं। उन्होंने अपने करियर और फिल्मों के बारे में बात की, मनोरंजन उद्योग की अन्य महिलाओं के एक पैनल में शामिल हुईं। कान्स और कियारा पर कान्स फिल्म महोत्सव मंगलवार रात क्वेंटिन डुपिएक्स के ले ड्यूक्सिएम एक्ट (द सेकेंड एक्ट) के विश्व प्रीमियर के साथ शुरू हुआ, जिसमें ली सेडौक्स, विंसेंट लिंडन, लुइस गैरेल और राफेल क्वेनार्ड ने अभिनय किया। कियारा राम चरण-स्टारर गेम चेंजर में दिखाई देने की तैयारी कर रही हैं, जो एस. शंकर द्वारा निर्देशित एक राजनीतिक एक्शन थ्रिलर है। तेलुगु फिल्म जल्द ही स्क्रीन पर आने के लिए तैयार है। वह ऋतिक रोशन-स्टारर वॉर 2 में वाईआरएफ जासूस ब्रह्मांड में शामिल होने के लिए भी तैयार हैं, जिसमें आरआरआर स्टार जूनियर एनटीआर भी होंगे। इसके अलावा कियारा के पास डॉन 3 भी है, जिसमें वह रणवीर सिंह के साथ अभिनय करेंगी। रिपोर्ट्स की मानें तो टॉक्सिक में यश के साथ आडवाणी भी नजर आएंगे। Kiara Advani's accent pic.twitter.com/A5WFyGzdkC — bebo (@bollypopgossip) May 19, 2024
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क्या सच में अमेरिका में रहती है दिलजीत की पत्नी-बेटा? मॉडल ने खोली पोल
दिलजीत दोसांझ अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर काफी प्रोटेक्टिव रहे हैं. दिलजीत ने हाल ही में अपने पेरेंट्स के साथ रिलेशंस को लेकर खुलासा किया, जिसने सबको हैरानी में डाल दिया था. हालांकि वह अपनी पत्नी और बच्चे के बारे में अटकलों पर चुप्पी साधे हुए हैं, लेकिन उनके एक दोस्त ने हाल ही में दावा किया कि दिलजीत शादीशुदा हैं और उनका एक बेटा भी है.
अभिनेता और गायक दिलजीत दोसांझ नेटफ्लिक्स और इम्तियाज अली की अमर सिंह चमकीला के लिए तैयारी कर रहे हैं। फिल्म 12 अप्रैल से बड़े पैमाने पर प्रसारित होगी। द इंडियन एक्सप्रेस की एक हालिया रिपोर्ट, जिसमें गुमनामी के तहत उनके करीबी दोस्तों के उद्धरण शामिल हैं, से पता चलता है कि दिलजीत दोसांझ वास्तव में शादीशुदा हैं। एक इंडो-अमेरिकन महिला के साथ उनकी शादी हुई थी और उनका एक बेटा भी है। प्रकाशन में अभिनेता की प्रोफ़ाइल में लिखा है, एक अत्यंत निजी व्यक्ति, उनके परिवार के बारे में बहुत कम जानकारी है लेकिन दोस्तों का कहना है कि उसकी पत्नी एक अमेरिकी-भारतीय है और उनका एक बेटा है, और उनके माता-पिता लुधियाना में रहते हैं। दिलजीत दोसांझ , जो अमर सिंह चमकीला की रिलीज की तैयारी कर रहे हैं, ने खुलासा किया कि उनके माता-पिता ने उन्हें 11 साल की उम्र में लुधियाना में एक रिश्तेदार के साथ रहने के लिए भेज दिया था। दिलजीत ने रणवीर इलाहाबादिया से बात करते हुए कहा “मैं ग्यारह साल का था जब मैंने अपना घर छोड़ दिया और अपने मामाजी के साथ रहने लगा। मैं अपना गाँव छोड़कर शहर आ गया। मैं लुधियाना शिफ्ट हो गया। उन्होंने कहा 'उसे मेरे साथ शहर भेज दो' और मेरे माता-पिता ने कहा 'हां, उसे ले जाओ।' मेरे माता-पिता ने मुझसे पूछा भी नहीं। इसे भी पढ़ें: Thor फेम Chris Hemsworth के फैंस के लिए खुशखबरी! Furiosa-Mad Max में योद्धा के अवतार में दिखे जबरदस्त, जानें फिल्म कब होगी रिलीज उड़ता पंजाब के अभिनेता ने कहा कि हालांकि इस फैसले से उनके माता-पिता के साथ उनके रिश्ते में तनाव आ गया है, लेकिन वह उनका बहुत सम्मान करते हैं। दिलजीत ने खुलासा किया “मैं एक छोटे से कमरे में अकेला रहता था। मैं बस स्कूल जाता था और वापस आ जाता था, वहां कोई टीवी नहीं था। मेरे पास बहुत समय था. इसके अलावा, उस समय हमारे पास मोबाइल फोन नहीं थे, यहां तक कि अगर मुझे घर पर फोन करना होता था या अपने माता-पिता का फोन रिसीव करना होता था, तो इसके लिए हमें पैसे खर्च करने पड़ते थे। इसलिए मैं अपने परिवार से दूर होने लगा। इसे भी पढ़ें: 'Ramayana' के लिए Ranbir Kapoor ले रहे हैं जमकर ट्रेनिंग, गांव में कभी साइकिलिंग तो कभी जॉगिंग करते दिखे एक्टर | VIDEO गायक ने कहा “मैं अपनी माँ का बहुत सम्मान करता हूँ। मेरे पिता बहुत प्यारे इंसान हैं। उन्होंने मुझसे कुछ नहीं पूछा। उन्होंने यह भी नहीं पूछा कि मैंने किस स्कूल में पढ़ाई की है। लेकिन मेरा उनसे नाता टूट गया।
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