लिटिल चैंप्स फुटबॉल में गिरिडीह की बालक व बालिका टीम राज्य चैंपियन
भास्कर न्यूज |गिरिडीह झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद, रांची के तत्वावधान में खेलगांव, रांची में आयोजित तीन दिवसीय राज्य स्तरीय द्वितीय लिटिल चैंप्स फुटबॉल प्रतियोगिता (अंडर-12 बालक एवं बालिका वर्ग) का शनिवार को सफलतापूर्वक समापन हो गया। प्रतियोगिता में गिरिडीह जिले की बालक एवं बालिका दोनों टीमों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए राज्य चैंपियन बनने का गौरव हासिल किया। बालक वर्ग के फाइनल मुकाबले में गिरिडीह और रामगढ़ के बीच रोमांचक संघर्ष देखने को मिला। निर्धारित 15-15 मिनट के खेल में दोनों टीमें कोई गोल नहीं कर सकीं और मुकाबला बराबरी पर रहा। इसके बाद दिए गए 5-5 मिनट के अतिरिक्त समय में गिरिडीह के खिलाड़ियों ने शानदार खेल का प्रदर्शन करते हुए एकमात्र गोल दागा और रामगढ़ को 1-0 से पराजित कर खिताब अपने नाम कर लिया। वहीं बालिका वर्ग के फाइनल मुकाबले में गिरिडीह की टीम ने सिमडेगा के खिलाफ बेहतरीन तालमेल और तकनीकी कौशल का प्रदर्शन किया। पूरे मैच में शानदार खेल दिखाते हुए गिरिडीह की बालिकाओं ने सिमडेगा को 1-0 से हराकर राज्य चैंपियन बनने का गौरव प्राप्त किया। गिरिडीह की दोनों टीमों की इस दोहरी सफलता ने जिले का नाम पूरे राज्य में गौरवान्वित किया है। इस ऐतिहासिक जीत पर जिला शिक्षा अधीक्षक-सह-अपर जिला कार्यक्रम पदाधिकारी अशोक कुमार हेम्ब्रम सहित शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने सभी विजेता खिलाड़ियों, उनके शारीरिक शिक्षकों तथा संबंधित विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को बधाई दी।
बिलासपुर में 'हमर बिलासपुर' सोशल मीडिया मंच द्वारा आयोजित 'कौन बनेगा फुटबॉल सम्राट' फाइनल प्रेडिक्शन कॉन्टेस्ट के विजेताओं का सम्मान समारोह आयोजित किया गया। शुक्रवार को पूर्व मंत्री और बिलासपुर विधायक अमर अग्रवाल ने विजेताओं को स्मृति-चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया और उन्हें शुभकामनाएं दीं। यह प्रतियोगिता विश्व कप फुटबॉल फाइनल के परिणाम पर आधारित थी। फाइनल मुकाबले में स्पेन ने अर्जेंटीना को 90 मिनट के खेल में 1-0 से हराकर विश्व विजेता बनने का गौरव हासिल किया था। प्रतियोगिता में प्रतिभागियों से विजेता टीम और मैच के परिणाम का पूर्वानुमान लगाने को कहा गया था। इसमें कुल 432 लोगों ने भाग लिया, जिनमें से 208 प्रतिभागियों ने स्पेन की जीत का अनुमान लगाया था। इन प्रतिभागियों ने लगाया सटीक अनुमान स्पेन की 90 मिनट में 1-0 की जीत का सटीक पूर्वानुमान लगाने वाले मनीष आकाशी, विकास चौबे, सुमित पाल सलूजा, एस.एस. ठाकुर, लवलीन सलूजा, अतुल पटेल, सुरेश कुमार और उत्तम तिवारी को विजेता घोषित किया गया। खेल अनुशासन और टीम भावना का प्रतीक अमर अग्रवाल ने कहा कि खेल केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि अनुशासन, टीम भावना, स्वस्थ प्रतिस्पर्धा और सामाजिक समरसता का सशक्त प्रतीक हैं। ऐसे आयोजन युवाओं में खेलों के प्रति रुचि बढ़ाने के साथ समाज में सकारात्मक सोच, संवाद और सहभागिता को भी मजबूत करते हैं। 'हमर बिलासपुर' की पहल की सराहना उन्होंने कहा कि 'हमर बिलासपुर' द्वारा सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों को रचनात्मक गतिविधियों से जोड़ने का प्रयास सराहनीय है और यह समाज को सकारात्मक दिशा देने का प्रभावी माध्यम बन सकता है। 1982 से फुटबॉल का अनुसरण कर रहे अपोलो हॉस्पिटल ग्रुप के अध्यक्ष और वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. देवेंद्र सिंह ने कहा कि वे वर्ष 1982 से फुटबॉल का अनुसरण कर रहे हैं। उन्होंने देश में फुटबॉल सहित विभिन्न खेलों के प्रति बढ़ते उत्साह को सराहनीय बताया।
वर्ल्ड कप के दौरान दुनिया में फुटबॉल का जुनून हर जगह दिखाई देता है। लेकिन प्रशांत महासागर के बीच बसे 21 वर्ग किलोमीटर के छोटे से देश नौरू में विश्व कप खत्म होते ही फुटबॉल भी जैसे खत्म हो जाता है। इस देश में फुटबॉल सिर्फ टीवी तक सीमित है। करीब 12 हजार आबादी वाले नौरू ने अब तक एक भी अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल मैच नहीं खेला। पूरे देश में फुटबॉल खेलने के लिए सिर्फ एक सख्त रेत का मैदान है। बच्चे लियोनेल मेसी और क्रिस्टियानो रोनाल्डो की जर्सी पहनते हैं, लेकिन अगर कोई फुटबॉल खेलने की बात करे तो अक्सर उसका मजाक बना दिया जाता है। यहां ऑस्ट्रेलियन रूल्स फुटबॉल सबसे लोकप्रिय है। हालांकि, तस्वीर धीरे-धीरे बदलने लगी है। ब्रिटेन के पूर्व फुटबॉलर चार्ली पॉमरॉय और उनके साथ जुड़े कुछ वॉलंटियर्स नौरू में फुटबॉल की नई शुरुआत करने में जुटे हैं। उनका सपना फुटबॉल की ऐसी संस्कृति तैयार करना है, जो आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचे। इस रास्ते की सबसे बड़ी चुनौती सिर्फ खिलाड़ी नहीं, बल्कि हालात हैं। कभी दुनिया का सबसे अमीर देश माना जाने वाला नौरू फास्फेट खनन पर टिका था। लगातार खनन से द्वीप का बड़ा हिस्सा बंजर और रहने लायक नहीं बचा। खेती लगभग खत्म हो गई। देश को अपने 90% से ज्यादा खाद्य पदार्थ आयात करने पड़ते हैं। इसका असर लोगों की सेहत पर भी पड़ा। यहां करीब 69% आबादी मोटापे की शिकार है। ऐसे में फुटबॉल सिर्फ एक खेल नहीं, बल्कि बेहतर जीवन की उम्मीद बनकर सामने आया है। वॉलंटियर्स ने 4 से 14 साल के दो हजार बच्चों तक फुटबॉल पहुंचाने का अभियान शुरू किया है। चर्च और स्कूलों की मदद से बच्चों को गेंदें बांटी जा रही हैं। स्थानीय कोच तैयार किए जा रहे हैं, ताकि यह पहल कुछ महीनों की नहीं, बल्कि लंबे समय तक चल सके। ‘मिनी ओलिंपिक’ की मेजबानी भी करेगा नाउरू नौरू 2028 में माइक्रोनेशियन गेम्स की मेजबानी करेगा, जिसमें फुटबॉल भी शामिल है। इसलिए देश के लिए यह बदलाव और भी अहम हो जाता है। दुनिया के नक्शे पर छोटा दिखने वाला देश खेल के जरिए नई पहचान बनाने की कोशिश कर रहा है। माइक्रोनेशियन गेम्स, जिन्हें ‘माइक्रो गेम्स’ कहा जाता है, प्रशांत महासागर के माइक्रोनेशिया क्षेत्र के देशों के बीच 4 साल में होने वाला इंटरनेशनल मल्टी-स्पोर्ट्स टूर्नामेंट है। इसे इस क्षेत्र का ‘मिनी-ओलिंपिक’ भी माना जाता है।
अमेठी के युवा फुटबॉल खिलाड़ियों के लिए प्रदेश स्तर पर अपनी प्रतिभा साबित करने का सुनहरा अवसर आ गया है। वर्ष 2026-27 की प्रदेश स्तरीय समन्वय जूनियर बालक फुटबॉल प्रतियोगिता के लिए जिला एवं मंडल स्तरीय चयन प्रक्रिया का कार्यक्रम घोषित कर दिया गया है। पहला पड़ाव 23 जुलाई को अमेठी में होगा, जहां से चयनित खिलाड़ी मंडल स्तर पर अपनी चुनौती पेश करेंगे। इसके बाद सफल खिलाड़ियों को मऊ में आयोजित होने वाली प्रदेश स्तरीय प्रतियोगिता में हिस्सा लेने का मौका मिलेगा। 23 जुलाई को होगा जिला स्तरीय ट्रायल जिला खेल कार्यालय, डॉ. भीमराव अंबेडकर स्टेडियम, अमेठी के उपक्रीड़ाधिकारी अरविंद सिंह कुशवाहा ने बताया कि क्षेत्रीय खेल कार्यालय, अयोध्या के निर्देशानुसार वर्ष 2026-27 की प्रदेश स्तरीय समन्वय जूनियर बालक फुटबॉल प्रतियोगिता के लिए जिला स्तरीय चयन ट्रायल 23 जुलाई 2026 को अपराह्न 3 बजे से आयोजित किया जाएगा। ट्रायल डॉ. भीमराव अंबेडकर स्टेडियम में होगा, जहां जनपद के विभिन्न विद्यालयों और ग्रामीण क्षेत्रों से प्रतिभाशाली खिलाड़ी अपनी फुटबॉल प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। चयन प्रक्रिया के दौरान खिलाड़ियों के खेल कौशल, फिटनेस और प्रदर्शन के आधार पर जिला टीम का गठन किया जाएगा। अयोध्या में होगा मंडल ट्रायल जिला स्तर पर चयनित खिलाड़ियों की अगली परीक्षा 25 जुलाई 2026 को अयोध्या में आयोजित मंडल स्तरीय ट्रायल में होगी। यहां बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को प्रदेश स्तरीय टीम में जगह बनाने का अवसर मिलेगा। प्रदेश स्तरीय समन्वय जूनियर बालक फुटबॉल प्रतियोगिता का आयोजन 1 अगस्त से 8 अगस्त 2026 तक मऊ जनपद में किया जाएगा। खेल विभाग का उद्देश्य ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को बेहतर मंच उपलब्ध कराना और प्रदेश स्तर तक उनकी प्रतिभा को पहुंचाना है। इन दस्तावेजों के बिना ट्रायल में नहीं मिलेगा प्रवेश खेल विभाग ने ट्रायल में भाग लेने वाले खिलाड़ियों के लिए जरूरी दिशा-निर्देश भी जारी किए हैं। प्रतिभागियों को नगर निगम अथवा नगर पालिका द्वारा जारी जन्मतिथि प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा। केवल वही खिलाड़ी पात्र होंगे जिनकी जन्मतिथि 1 जनवरी 2011 के बाद तथा 31 दिसंबर 2012 के बीच है। इसके अलावा प्रत्येक खिलाड़ी को अपना सीएसआर (CSR) नंबर और दो पासपोर्ट साइज फोटो भी साथ लाने होंगे। निर्धारित दस्तावेजों के अभाव में खिलाड़ियों को चयन प्रक्रिया में शामिल नहीं किया जाएगा। ज्यादा से ज्यादा खिलाड़ियों से भागीदारी की अपील उपक्रीड़ाधिकारी अरविंद सिंह कुशवाहा ने जिले के सभी विद्यालयों, खेल प्रशिक्षकों और खेल प्रेमियों से अधिक से अधिक खिलाड़ियों को ट्रायल में भेजने की अपील की है। उनका कहना है कि जिले में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है, जरूरत केवल उन्हें सही मंच देने की है। खेल विभाग का प्रयास है कि अमेठी की सबसे मजबूत जूनियर फुटबॉल टीम तैयार की जाए, ताकि प्रदेश स्तरीय प्रतियोगिता में जिले का प्रदर्शन प्रभावशाली रहे और यहां के खिलाड़ी राज्य स्तर पर अपनी अलग पहचान बना सकें।
गुरुग्राम में द्वारका एक्सप्रेसवे पर तेज रफ्तार कार ने एक ट्रक में पीछे से टक्कर मार दी। हादसे में दिल्ली के रहने वाले दो दोस्तों की मौत हो गई, जबकि उनके साथ मौजूद युवती गंभीर रूप से घायल हो गई। यह घटना सेक्टर-93 चौकी क्षेत्र में प्रेरणा सोसायटी के पास हुई। बताया गया कि कार सवार दोस्त सोहना रोड के एक क्लब से रातभर फुटबॉल का फाइनल मैच देखकर दिल्ली लौट रहे थे, तभी यह हादसा हो गया। पुलिस के अनुसार, आगे चल रहे एक तेज रफ्तार ट्रक ने अचानक लेन बदली और इमरजेंसी ब्रेक लगा दिए। इससे पीछे आ रही तेज रफ्तार आई-10 कार सीधे ट्रक में जा घुसी। टक्कर इतनी तेज थी कि एक तेज आवाज आई और आई-10 कार पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई। हादसे के बाद कार में सवार लोग बुरी तरह फंस गए, जिससे उन्हें निकालने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। मरने वाले दोनों दिल्ली के, दोस्त अस्पताल में भर्ती राहगीरों ने पुलिस की मदद से कार में सवार तीनों लोगों को निकालकर तुरंत द्वारका के वेंकटेश्वर अस्पताल पहुंचाया गया। हालांकि, डॉक्टरों ने दो युवकों को मृत घोषित कर दिया। मृतकों की पहचान दिल्ली के उत्तम नगर (वाणी विहार) निवासी दीपांक मलिक (20) और विजय विहार निवासी सक्षम सचदेवा (21) के रूप में हुई है। जबकि वाणी विहार की रहने वाली प्रगति वशिष्ठ गंभीर रूप से घायल हैं, जिनका इलाज अस्पताल में चल रहा है। सक्षम सचदेवा चला रहा था कार हादसे के वक्त कार सक्षम सचदेवा चला रहे थे। हादसे के बाद आरोपी ट्रक ड्राइवर मौके से वाहन लेकर फरार हो गया। सेक्टर-93 चौकी पुलिस ने मंगलवार को दोनों शवों का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है। बताया गया कि सक्षम और प्रगति इवेंट मैनेजमेंट के क्षेत्र में काम करते थे। वहीं दीपांक मलिक पानीपत के एक कॉलेज से कंप्यूटर साइंस (बीटेक थर्ड ईयर) की पढ़ाई कर रहे थे। गुरुग्राम में मैच देखकर दिल्ली जा रहे थे मृतक सक्षम के रिश्तेदार मोहित सचदेवा ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि तीनों दोस्त सोहना रोड स्थित एक क्लब में बड़ी स्क्रीन पर फुटबॉल विश्व कप का फाइनल देखने आए थे। मैच खत्म होने के बाद सुबह जब वे दिल्ली वापस लौट रहे थे, तभी द्वारका एक्सप्रेसवे के मेन रोड पर परीना टावर के पास एक बेकाबू ट्रक उनकी कार के सामने आ गया और ड्राइवर ने अचानक ब्रेक दबा दिए।
मुंगेर में चल रहे 65वें राज्य सुब्रतो मुखर्जी राज्य स्तरीय फुटबॉल कप 2026 (अंडर-15) का सोमवार को समापन हो गया। फाइनल मुकाबले में पश्चिमी चंपारण की टीम ने मुंगेर को 3-0 से हराकर नेशनल टीम में जगह बनाई। अब यह टीम बिहार का प्रतिनिधित्व करते हुए बेंगलुरु में मैच खेलेगी। पोलो मैदान में खेले गए इस निर्णायक मैच में मुंगेर और पश्चिमी चंपारण के बीच कड़ा मुकाबला हुआ। 60 मिनट के इस खेल में पश्चिमी चंपारण ने शानदार प्रदर्शन करते हुए मुंगेर पर तीन गोल की बढ़त बनाई और जीत हासिल की। खेल से जुड़ी PHOTOS उपविजेता टीमों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया खेल समापन के बाद जिला प्रशासन के अधिकारियों और जिला खेल पदाधिकारी कमल किशोर सहित अन्य अतिथियों ने विजेता और उपविजेता टीमों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया। जिला खेल पदाधिकारी ने बताया कि इस चार दिवसीय टूर्नामेंट की शुरुआत 17 जुलाई को हुई थी, जिसका उद्घाटन डीएम निखिल धनराज ने किया था। रविवार को हुए सेमीफाइनल मैचों में मुंगेर और पश्चिमी चंपारण की टीमों ने फाइनल में अपनी जगह पक्की की थी। पश्चिमी चंपारण की टीम ने सभी बाधाओं को पार करते हुए नेशनल टीम में स्थान बनाया है। इस राज्य स्तरीय टूर्नामेंट में बिहार के लगभग 20 जिलों से खिलाड़ियों ने मुंगेर आकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया था।
फीफा वर्ल्ड कप 2026 के अंतिम दौर में पहुंचने के बीच अमिताभ बच्चन ने टूर्नामेंट को लेकर अपनी राय साझा की है। उन्होंने विवादित फैसलों, नए खिलाड़ियों के उभरने और बदलते दौर के फुटबॉल पर बात की। बिग बी ने कहा कि समय बदलता है और नई पीढ़ी खेल को नई दिशा ...
बॉलीवुड एक्टर रणवीर सिंह 'धुरंधर' की सक्सेस के बीच चल रहे 'डॉन 3' विवाद को लेकर भी सुर्खियों में हैं। फिल्ममेकर फरहान अख्तर और एक्सेल एंटरटेनमेंट के साथ उनकी अनबन अब जगजाहिर हो चुकी है। फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (FWICE) द्वारा उनके ...
सिर्फ फुटबॉल नहीं, ये है जिंदगी की फिलॉसफी!, आर्सेनल की जीत पर रणवीर सिंह ने लिखा इमोशनल नोट
आर्सेनल की इस ऐतिहासिक जीत का जश्न मनाते हुए रणवीर सिंह ने जो हालिया नोट लिखा है, उसमें एक बेहद गहरी और छिपी हुई बात नजर आती है। ऊपर-ऊपर से देखने पर तो यह किसी फुटबॉल फैन के दिल की वो सच्ची और जज्बाती आवाज लगती है, जो दशकों के लंबे इंतजार के बाद ...
फुटबॉल कोच के बाद अब बड़े परदे पर क्रिकेटर बनकर चमकेंगे Ajay Devgan,एक्टर की नई बायोपिक फिल्म पर आया बड़ा अपडेट
Maidaan Review:अजय देवगन की दमदार डायलॉग डिलीवरी और एक्टिंग ने दिखाया रियल सिनेमा, जरूर देखेफुटबॉल कोच की ये कहानी
Maidaan Review: सीट से हिलने का मौका नहीं देगी Ajay Devgan की ये फिल्म, जरूर देखनी चाहिएइंडियन फुटबॉल टीम के महान कोच
‘भीड़ से साथ की उम्मीद मत रखना', Ajay Devgan की मच अवेटेड फिल्म Maidaan काट्रेलर हुआ लॉन्च,फुटबॉल कोच बनकर छा गए एक्टर

