डिजिटल समाचार स्रोत

...

फुटबॉल लीग में नागौर की बेटियों का दमदार प्रदर्शन:अजमेर को 2-1 से हराकर अस्मिता लीग सेमीफाइनल में प्रवेश

राजसमंद में आयोजित हो रही बालिका फुटबॉल प्रतियोगिता अस्मिता लीग 2026 में नागौर जिला टीम ने सेमीफाइनल में प्रवेश कर लिया है। टीम ने एक रोमांचक मुकाबले में अजमेर को 2-1 से हराया। नागौर की टीम ने मैच की शुरुआत से ही आक्रामक खेल दिखाया और अपनी बढ़त अंत तक बनाए रखी। टीम ने आक्रमण और रक्षा दोनों मोर्चों पर प्रभावी संतुलन प्रदर्शित किया। टीम की खिलाड़ी राधिका और अनुराधा ने मैदान पर बेहतरीन तालमेल दिखाया। उनकी सटीक पासिंग और तेज मूवमेंट ने विपक्षी टीम की रक्षापंक्ति पर लगातार दबाव बनाए रखा, जो जीत में महत्वपूर्ण साबित हुआ। टीम के कोच सगीर अली ने बताया कि खिलाड़ियों ने निर्धारित रणनीति के अनुसार अनुशासित प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि टीम सेमीफाइनल मुकाबले के लिए पूरी तरह तैयार है और खिलाड़ियों का आत्मविश्वास ऊंचा है। इस जीत पर नागौर जिला फुटबॉल संघ के अध्यक्ष चेतन डूडी, सचिव सैयद फरहत अली और उपाध्यक्ष शबीक अहमद उस्मानी ने टीम को बधाई दी। उन्होंने इसे खिलाड़ियों की कड़ी मेहनत और अभ्यास का परिणाम बताया और उम्मीद जताई कि टीम सेमीफाइनल में भी अच्छा प्रदर्शन कर फाइनल में जगह बनाएगी। नागौर की महिला खिलाड़ी लगातार प्रदेश स्तर पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर रही हैं और जिले का नाम रोशन कर रही हैं। अब सभी की निगाहें सेमीफाइनल मुकाबले पर टिकी हैं, जहां टीम से एक और जीत की उम्मीद की जा रही है।

दैनिक भास्कर 2 May 2026 1:07 pm

सेल फुटबॉल अकादमी के लिए चयन ट्रायल कल से, प्रतिभा को मिलेगा मौका

सिटी रिपोर्टर | बोकारो बोकारो जिले के प्रतिभाशाली युवा फुटबॉल खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से सेल फुटबॉल अकादमी बोकारो में सत्र 2026-27 के लिए चयन ट्रायल आयोजित किए जाएंगे। इस ट्रायल का आयोजन बोकारो स्टील प्लांट की ओर से किया जा रहा है। ट्रायल का कार्यक्रम एमकेएम स्टेडियम सेक्टर-4 में 2 व 3 मई को आयोजित होगा। रिपोर्टिंग सुबह 7 बजे करना है। इसके लिए 1 जनवरी 2010 से 31 दिसंबर 2011 के बीच जन्मे अभ्यर्थी हिस्सा ले सकते हैं। साथ ही आउटफील्ड खिलाड़ियों के लिए 5 फीट 7 इंच व गोलकीपर के लिए 5 फीट 10 इंच, चिकित्सीय मानक: कम से कम 28 दांत होना अनिवार्य है। साथ में आवश्यक दस्तावेज नगरपालिका द्वारा जारी मूल जन्म प्रमाण पत्र, आधार कार्ड लाना है।

दैनिक भास्कर 1 May 2026 5:30 am

18 खिलाड़ियों की अंडर-16 फुटबॉल टीम रवाना:राजसमंद में होने वाली अस्मिता फुटबॉल लीग में दिखाएंगी दमखम

डीडवाना की अंडर-16 बालिका फुटबॉल टीम गुरुवार सुबह बस स्टैंड से राजसमंद के लिए रवाना हुई। यह टीम 1 से 3 मई तक होने वाली अस्मिता फुटबॉल लीग 2026 में भाग लेगी, जिसमें प्रदेशभर की चुनिंदा टीमें शामिल होंगी। प्रतियोगिता से पहले 19 से 24 अप्रैल तक डीडवाना के बलदेव राम मिर्धा स्टेडियम, हीरावती और मकराना में ट्रायल कैंप आयोजित किए गए थे। इन शिविरों में कुल 44 बालिकाओं ने हिस्सा लिया, जिनमें से प्रदर्शन के आधार पर 18 खिलाड़ियों का अंतिम चयन किया गया। जिला संघ के सचिव बोले- पारदर्शी रही चयन प्रक्रियाचयन प्रक्रिया में सैयद सगीर अली, बाबू सईद, हाजी मोहम्मद यूसुफ, सरफराज, सादिक अली, राजेश गढ़वाल और जिला सह सचिव हनीफ गौड़ शामिल थे। कोच अंजू खिलेरी भी टीम के साथ गई है, जो खिलाड़ियों का मार्गदर्शन करेंगी। जिला फुटबॉल संघ के सचिव सैयद फरहत अली ने बताया कि चयन प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी रही, जिससे एक संतुलित और मजबूत टीम का गठन हुआ है।जिला उपाध्यक्ष शबीक अहमद उस्मानी ने बताया कि 2021 से 2026 तक टीम ने विभिन्न आयु वर्ग की प्रतियोगिताओं में लगातार उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए कई पदक हासिल किए हैं।जिला फुटबॉल संघ के पदाधिकारी सैयद जाकिर अली, सैयद अरफत अली, रामाकिशन मरोठिया, पन्नाराम सांखला, दुलाराम, सीताराम और सूर्यप्रकाश ने टीम को शुभकामनाएं दीं और उनके सफल प्रदर्शन की कामना की।

दैनिक भास्कर 30 Apr 2026 11:30 am

दोगुना हुआ फीफा का प्राइज मनी पूल:गोल्फ- टेनिस की प्राइज मनी मिलकर भी फुटबॉल से कम, हर टीम को करीब 118 करोड़ मिलना तय

फीफा वर्ल्ड कप के लिए कुल प्राइज मनी 727 मिलियन डॉलर (करीब 6800 करोड़ रुपए) से बढ़ाकर 871 मिलियन डॉलर (8250 करोड़ रुपए) कर दी गई है। यही नहीं, हर टीम को मिलने वाली गारंटीड रकम भी बढ़ाकर 12.5 मिलियन डॉलर (करीब 118 करोड़) कर दी गई है। 2022 में प्राइज पूल 440 मिलियन डॉलर (करीब 3600 करोड़) था, यानी इस बार यह लगभग दोगुना हो गया है। अगर इस सदी की शुरुआत से तुलना करें तो वर्ल्ड कप की प्राइज मनी में जबरदस्त उछाल देखने को मिलता है। 2002 में विजेता टीम को करीब 70 करोड़ रुपए मिलते थे, जो 2006 में 150 करोड़, 2010 में 250 करोड़, 2014 में 290 करोड़, 2018 में 315 करोड़ और 2022 में 350 करोड़ तक पहुंच गए। अब 2026 में विजेता को करीब 420 करोड़ रुपए मिलने का अनुमान है। यह दिखाता है कि पिछले 20-25 साल में प्राइज मनी 500% तक बढ़ चुकी है। इसके पीछे सबसे बड़ा कारण टूर्नामेंट की बढ़ती लोकप्रियता, ब्रॉडकास्टिंग राइट्स और स्पॉन्सरशिप से होने वाली भारी कमाई है। 2026 का वर्ल्ड कप 48 टीमों और 104 मैचों के साथ अब तक का सबसे बड़ा टूर्नामेंट होगा। इसकी मेजबानी अमेरिका, कनाडा और मैक्सिको मिलकर करेंगे। अगर फीफा की दूसरे खेलों से तुलना करें तो फुटबॉल का दबदबा साफ नजर आता है। ​​गोल्फ व टेनिस दोनों की कुल प्राइज मनी मिलाकर भी वर्ल्ड कप से कम है। टूर्नामेंट में खेलने वाली टीमों को टैक्स में राहत टूर्नामेंट में हिस्सा लेने वाली सभी 48 टीमों को अमेरिका में टैक्स से राहत मिल सकती है। रिपोर्ट्स के अनुसार फीफा और अमेरिकी ट्रेजरी के बीच बातचीत के बाद फेडरल टैक्स में छूट देने पर सहमति बन रही है। इससे नेशनल फुटबॉल फेडरेशंस को करोड़ों रुपए का फायदा होगा और उनके खर्च का बोझ कम होगा। दरअसल, लंबी यात्रा, ठहरने और ऑपरेशनल लागत के साथ-साथ टैक्स नियमों को लेकर कई टीमों ने चिंता जताई थी, जिसके बाद यह कदम उठाया जा रहा है। वीसा संकट के कारण शामिल नहीं हो सका ईरान फीफा वर्ल्ड कप से पहले ईरान की टीम पर अनिश्चितता छाई है। वैंकुवर में हुई फुटबॉल लीडर्स की बैठक में ईरानी प्रतिनिधि वीसा समस्याओं के कारण शामिल नहीं हुए। बैठक की अध्यक्षता फीफा अध्यक्ष जियानी इन्फेंटिनो ने की। रिपोर्ट्स के अनुसार, यही दिक्कत गुरुवार को होने वाली फीफा कांग्रेस में उनकी मौजूदगी पर भी असर डाल सकती है। एशियाई फुटबॉल संघ के महासचिव विंडसर जॉन ने उम्मीद जताई है कि ईरान जल्द शामिल होगा। अमेरिका-ईरान तनाव भी स्थिति को जटिल बना रहा है। खेल - प्राइज मनी फीफा वर्ल्ड कप- 8250 गोल्फ एलआईवी- 3800 फेडएक्स कप गोल्- 940 यूएस ओपन टेनिस- 850 (*करोड़ रुपए में)

दैनिक भास्कर 30 Apr 2026 11:12 am

चंडीगढ़ में नाबालिग फुटबॉल प्लेयर का यौन उत्पीड़न:भरे स्टेडियम में नामी कोच ने पीछे से अंगुली डाली; अफसर जांच करने हथियार लेकर एकेडमी में घुसा

चंडीगढ़ में एक नाबालिग फुटबॉल प्लेयर से भरे स्टेडियम में यौन उत्पीड़न हुआ। यौन उत्पीड़न करने वाला कोई और नहीं बल्कि एक नामी फुटबॉल कोच है। प्लेयर का कहना है कि टूर्नामेंट के दौरान 2 टीमों में झगड़ा हुआ। इसी दौरान कोच ने उसके पीछे अंगुली डाल दी। इस मामले में पुलिस ने करीब डेढ़ महीने बाद केस दर्ज किया लेकिन आरोपी कोच को अभी तक अरेस्ट नहीं किया। फुटबॉल प्लेयर की तरफ से इस बारे में चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाब चंद कटारिया और चीफ सेक्रेटरी को शिकायत भेजी गई है। जिसमें उन्होंने कहा कहा कि पुलिस आरोपी को पकड़ने के बजाय गवाहों और शिकायत करने वालों को धमका रही है। उन पर दबाव डाला जा रहा है। उन्होंने ये भी आरोप लगाया कि उन्हें FIR की कॉपी तक नहीं दी जा रही। यही नहीं, बार-बार नोटिस भेज परेशान किया जा रहा। पुलिस की टीमें सीधे एकेडमी के अंदर आकर दहशत का माहौल बना रही हैं। एक अफसर तो हथियार लेकर ही घुस आया। जिससे बच्चे सहम गए। जानिए, कैसे हुई पूरी घटनागवर्नर को भेजी शिकायत में करीब 15 साल के प्लेयर के वकील ने बताया- इसी साल जनवरी के आखिरी हफ्ते में चंडीगढ़ के स्पोर्ट्स स्टेडियम में फुटबॉल का टूर्नामेंट था। जहां कई टीमें अलग-अलग स्कूल और एकेडमी से हिस्सा लेने आई हुई थीं। इस दौरान एक मैच में 2 टीमों के बीच विवाद हो गया था। दोनों टीमें आपस में उलझ गईं। इस दौरान नाबालिग खिलाड़ी ने आरोप लगाया कि उसके पीछे में अंगुली डाली गई। उससे वह काफी डर गया। इसके बावजूद उसने यह बात अपने सीनियर व कोच को बताई कि ग्राउंड में लड़ाई के दौरान उसके साथ यह घटना हुई। इसके बाद उसने पहले 28 जनवरी को POCSO ई-बॉक्स और ई-बाल निदान पोर्टल पर शिकायत की गई। इसके अगले दिन 29 जनवरी को चंडीगढ़ पुलिस के ऑनलाइन पोर्टल पर भी मामला दर्ज कराया गया। इसके बावजूद FIR दर्ज होने में लगभग डेढ़ महीने लग गए और आखिरकार 12 मार्च 2026 को केस दर्ज किया गया। चाइल्ड वेलफेयर में दर्ज हुए बयानपुलिस ने बच्चे को बयान देने के लिए थाने बुलाया, लेकिन परिवार ने मना कर दिया। उनका कहना था कि इतने छोटे बच्चों को थाने ले जाना ठीक नहीं है, खासकर ऐसे मामले में तो यह बिल्कुल उचित नहीं होगा। उन्होंने कहा कि बच्चों के बयान किसी सुरक्षित और आरामदायक जगह पर लिए जाने चाहिए। इसके बाद 9 मार्च को चाइल्ड वेलफेयर कमेटी में बच्चों के बयान लिए गए और उनका मेडिकल भी हुआ। लेकिन यहां भी काम देरी से हुआ और कुछ चीजें सही तरीके से नहीं हो पाईं, जिससे शिकायत करने वाले लोग संतुष्ट नहीं थे। बार-बार नोटिस और दबाव के आरोपशिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि जांच अधिकारी बार-बार नोटिस भेजते रहे, लेकिन कई बार पहले से सही जानकारी या पर्याप्त समय नहीं दिया गया। उन्हें बहुत कम समय में थाने या तय जगह पर आने के लिए कहा जाता था, जिससे उन्हें काफी परेशानी हुई। यही नहीं, जब गवाहों के बयान लिए जा रहे थे, तब उनके कहे हुए शब्दों को बदलने या प्रभावित करने की कोशिश की गई। गवाहों को ऐसा महसूस हुआ कि उनके बयान को सही तरीके से नहीं लिखा जा रहा। इसी वजह से कुछ गवाहों ने अपने बयान देने से ही मना कर दिया। एकेडमी परिसर में प्रवेश पर विवादपरिवार में यह भी आरोप लगाया गया है कि पुलिस टीम बिना परमिशन के परिसर में अंदर आ गई। वहां दबाव बनाने की कोशिश की। शिकायतकर्तां के अनुसार, इस तरह बिना इजाजत आना और सख्त तरीके से पेश आना सही नहीं था, खासकर जहां बच्चे मौजूद हों। उन्होंने 11 मार्च की एक घटना को लेकर भी आपत्ति जताई। उनका कहना था कि एक पुलिस अफसर हथियार के साथ एकेडमी परिसर में दाखिल हुआ, जहां उस समय नाबालिग बच्चे भी मौजूद थे। इस पर सवाल उठाए गए हैं कि ऐसे संवेदनशील माहौल में इस तरह का व्यवहार बच्चों को डराने वाला हो सकता है। FIR की कॉपी अब तक नहीं मिली15 अप्रैल और 28 अप्रैल 2026 को राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (NCPCR) और अन्य बड़े अधिकारियों को लिखित शिकायत भेजी। इसमें उन्होंने बताया कि केस की FIR की कॉपी उन्हें अभी तक नहीं दी गई है। शिकायत में कहा गया है कि उन्होंने कई बार पुलिस से FIR की कॉपी मांगी। लिखित रूप में भी और मौखिक रूप से भी, लेकिन हर बार उन्हें कोई जवाब नहीं मिला। उनका कहना है कि FIR की कॉपी लेना उनका कानूनी अधिकार है, और इसे न देना नियमों के खिलाफ है। शिकायतकर्ताओं ने यह भी कहा कि FIR की कॉपी ही नहीं दी जा रही, तो इससे जांच की पारदर्शिता पर सवाल उठते हैं। उन्हें लगता है कि इस तरह की देरी और जानकारी न देना सही प्रक्रिया का पालन नहीं है। POCSO नियमों के उल्लंघन का आरोपउनका ये आरोप है कि जांच के दौरान POCSO एक्ट में जो नियम बच्चों की सुरक्षा और सुविधा के लिए बनाए गए हैं, उनका ठीक से पालन नहीं किया गया। इस कानून के तहत यह जरूरी होता है कि नाबालिग बच्चों से बहुत ही संवेदनशील और सुरक्षित माहौल में बात की जाए, ताकि उन्हें डर या दबाव महसूस न हो। मगर, बच्चों को बार-बार अलग-अलग जगहों पर बुलाया गया, उनसे कई बार बयान लेने की कोशिश की गई। यह पूरी प्रक्रिया उनके लिए आसान या आरामदायक नहीं थी। इससे बच्चों पर मानसिक दबाव बढ़ा और वे तनाव में आ गए। अकादमी का कहना है कि ऐसे मामलों में बच्चों की मानसिक स्थिति का खास ध्यान रखना चाहिए, लेकिन यहां ऐसा नहीं हुआ, जिसकी वजह से पीड़ित बच्चों को बार-बार परेशानी और तनाव झेलना पड़ा। शिकायतकर्ता पीछे हटा, एकेडमी मालिक ने मोर्चा संभालाइस बीच मामले में एक बड़ा बदलाव सामने आया। शुरुआत में जो व्यक्ति इस केस में शिकायतकर्ता थे, उन्होंने 23 अप्रैल को खुद को इस मामले से अलग कर लिया। उन्होंने बताया कि लगातार यात्रा, समय की कमी और बार-बार पुलिस की ओर से संपर्क किए जाने के कारण उन्हें काफी परेशानी हो रही थी, इसलिए अब वे इस केस में आगे नहीं जुड़ पाएंगे। इसके बाद एकेडमी के मालिक ने खुद आगे आकर जिम्मेदारी संभाली। उन्होंने कहा कि अब वे ही इस मामले में एकेडमी की ओर से प्रतिनिधित्व करेंगे। साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि वे घटना के समय मौजूद थे और मामले की पूरी जानकारी रखते हैं, इसलिए जांच में पूरा सहयोग करेंगे। चंडीगढ़ पुलिस ने मामले में क्या कहाचंडीगढ़ के पुलिस थाना-39 के SHO इंस्पेक्टर शादीलाल ने बताया कि मामले में POCSO के तहत एफआईआर दर्ज की गई है, पेरेंटस को कॉपी प्रोवाइड करवा दी गई है। उन्होंने माना कि इस मामले में अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं की गई है। फिलहाल मामले की जांच की जा रही है।

दैनिक भास्कर 30 Apr 2026 5:25 am

पीएम मोदी के साथ फुटबॉल खेलने का अनुभव रोमांचक और कभी न भूलने वाला रहा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार की सुबह गंगटोक में लोक भवन में 17 युवा फुटबॉलरों के साथ फुटबॉल खेला था। पीएम ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट के माध्यम से युवा खिलाड़ियों के साथ खेलते हुए अपनी कुछ तस्वीरें भी साझा की थीं। इसके अलावा, पीएम ने खिलाड़ियों से खेल को गंभीरता से लेने और ओलंपिक में खेलने के लिए कड़ी मेहनत करने की सलाह दी थी। प्रधानमंत्री से मिलने के बाद सभी युवा खिलाड़ी काफी उत्साहित और खुश नजर आए। खिलाड़ियों ने पीएम के साथ बिताए लम्हों को कभी न भूलने वाला बताया। प्रीकिला तमांग ने आईएएनएस से कहा, हमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ फुटबॉल खेलने का अवसर प्राप्त हुआ। यह हमारे लिए बहुत सम्मान की बात है। हम बहुत खुश हैं और खुद को सौभाग्यशाली समझते हैं। हम 17 खिलाड़ियों और एक रेफरी के लिए यह जिंदगी में एक बार आने वाला अवसर था। हम इसे जिंदगी में कभी नहीं भूलेंगे। तमांग ने कहा कि मैं अपने राज्य के मुख्यमंत्री, खेल मंत्रालय और प्रधानमंत्री के कार्यक्रम को आयोजित करने में शामिल सभी अधिकारियों को धन्यवाद देना चाहती हूं कि हमें यह अवसर मिला। ईशान मांझी ने आईएएनएस से कहा, प्रधानमंत्री के साथ खेलने का अनुभव शानदार रहा। उनके साथ समय बिताने का मौका बड़े-बड़े लोगों को नहीं मिलता है। हम सौभाग्यशाली रहे कि हमें मिला। हम भविष्य में फुटबॉल में देश का ओलंपिक प्रतिनिधित्व करेंगे। दीपन राय ने कहा, मैं अपने मुख्यमंत्री को धन्यवाद कहना चाहता हूं। उन्हीं की वजह से हमें प्रधानमंत्री से मिलने और उनके साथ एक छोटा सा मैच खेलने का अवसर मिला। प्रधानमंत्री का व्यवहार हमारे साथ मित्रतापूर्ण था। 75 साल की उम्र में उनकी ऊर्जा हमें प्रेरणा देने वाली थी। शेरिन लेपचा ने कहा, केंद्र सरकार ने देश में खेलों को बढ़ावा देने के लिए कई योजनाएं चलाई हैं। इससे विशेष रूप से महिलाओं को काफी फायदा हुआ है। इसके लिए मैं विशेष रूप से सरकार का धन्यवाद देना चाहती हूं। दीपन राय ने कहा, मैं अपने मुख्यमंत्री को धन्यवाद कहना चाहता हूं। उन्हीं की वजह से हमें प्रधानमंत्री से मिलने और उनके साथ एक छोटा सा मैच खेलने का अवसर मिला। प्रधानमंत्री का व्यवहार हमारे साथ मित्रतापूर्ण था। 75 साल की उम्र में उनकी ऊर्जा हमें प्रेरणा देने वाली थी। Also Read: LIVE Cricket Score एक अन्य फुटबॉलर ने कहा, प्रधानमंत्री के साथ खेलने के बाद मेरा आत्मविश्वास बढ़ा है। 75 साल की उम्र में उनकी ऊर्जा हमारे लिए प्रेरणादायी है। Article Source: IANS

क्रिकेट न मोर 29 Apr 2026 2:04 pm

पंजाब के गांव की फुटबॉल टीम अमेरिका में खेलेगी:स्ट्रीट चाइल्ड वर्ल्ड कप के लिए रवाना, 5-15 मई तक मैच; MP चब्बेवाल ने बढ़ाया हौसला

होशियारपुर से लोकसभा सदस्य डॉ. राज कुमार चब्बेवाल ने यूथ फुटबॉल क्लब (YFC) रुड़का कलां का दौरा किया और मेक्सिको में आयोजित होने वाले 'स्ट्रीट चाइल्ड वर्ल्ड कप' में भारत का प्रतिनिधित्व करने जा रही टीम को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। 5 से 15 मई तक मेक्सिको में होने वाले इस टूर्नामेंट में 14 से 17 वर्ष के खिलाड़ी वैश्विक स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाएंगे। डॉ. चब्बेवाल ने क्लब की खेल गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए 5 लाख रुपए की सहायता राशि देने की घोषणा की। खिलाड़ियों व ग्रामीणों की सुविधा के लिए रुड़का कलां-घुडका-पंडवां से मौली तक 5 करोड़ रुपए की लागत से 18 फुट चौड़ी नई सड़क बनाने का ऐलान किया। गांव के बच्चे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चमक रहे चब्बेवाल ने कहा कि यह पूरे उत्तर भारत के लिए गर्व का विषय है कि वाईएफसी के युवा मेक्सिको में तिरंगा लहराएंगे। पंजाब सरकार ने खेड़ां वतन पंजाब दीयां जैसे आयोजनों से खेलों का जो माहौल बनाया है, उसी का परिणाम है कि गांव के बच्चे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चमक रहे हैं। 14 से 17 वर्ष की आयु के खिलाड़ी ले रहे हैं भाग चब्बेवाल ने बताया कि स्ट्रीट चाइल्ड वर्ल्ड कप 5 से 15 मई तक आयोजित किया जाएगा, जिसमें 14 से 17 वर्ष की आयु के खिलाड़ी वैश्विक स्तर पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। वाईएफसी के चेयरमैन गुरमंगल दास ने लोकसभा सदस्य का धन्यवाद किया और मेक्सिको जाने वाली टीम को बधाई दी। उन्होंने बताया कि इस साल स्ट्रीट चाइल्ड वर्ल्ड कप में दुनिया भर से कुल 30 टीमें हिस्सा लेंगी, जिनमें 17 टीमें लड़कियों की और 13 टीमें लड़कों की है। टीम लीडर हर्ष जैसुख चोटालिया के नेतृत्व में खेलेंगे बच्चे वाईएफसी के चेयरमैन गुरमंगल दास ने बताया कि भारतीय टीम में सीलास सिद्धू, अर्शदीप, जशनप्रीत, राजन जखू, समीर, रमिंदर सिंह, सैम मसीह, शमशेर सिंह आकाश (गोलकीपर), रौनक, मुख्य कोच अनवर अली, टीम लीडर हर्ष जैसुख चोटालिया और टीम मैनेजर नूपुर नाग शामिल हैं। इस अवसर पर प्रिंसिपल प्रेम कुमार (हलका इंचार्ज), सरपंच अक्विंदर कौर, पाला मौली, रिंकी रानी (ब्लॉक कमेटी सदस्य), टोनी संधू, सुरजीत सिंह, दलजीत कुमार, राजेश मैनी, संजय नागपाल और बड़ी संख्या में गांव के लोग मौजूद रहे।

दैनिक भास्कर 29 Apr 2026 6:57 am

फुटबॉल कोच के बाद अब बड़े परदे पर क्रिकेटर बनकर चमकेंगे Ajay Devgan, एक्टर की नई बायोपिक फिल्म पर आया बड़ा अपडेट

फुटबॉल कोच के बाद अब बड़े परदे पर क्रिकेटर बनकर चमकेंगे Ajay Devgan,एक्टर की नई बायोपिक फिल्म पर आया बड़ा अपडेट

समाचार नामा 31 May 2024 8:30 pm

Maidaan Review: अजय देवगन की दमदार डायलॉग डिलीवरी और एक्टिंग ने दिखाया रियल सिनेमा, जरूर देखे फुटबॉल कोच की ये कहानी

Maidaan Review:अजय देवगन की दमदार डायलॉग डिलीवरी और एक्टिंग ने दिखाया रियल सिनेमा, जरूर देखेफुटबॉल कोच की ये कहानी

मनोरंजन नामा 11 Apr 2024 9:18 am

Maidaan Review: सीट से हिलने का मौका नहीं देगी Ajay Devgan की ये फिल्म, जरूर देखनी चाहिए इंडियन फुटबॉल टीम के महान कोच

Maidaan Review: सीट से हिलने का मौका नहीं देगी Ajay Devgan की ये फिल्म, जरूर देखनी चाहिएइंडियन फुटबॉल टीम के महान कोच

मनोरंजन नामा 9 Apr 2024 8:30 am

‘भीड़ से साथ की उम्मीद मत रखना', Ajay Devgan की मच अवेटेड फिल्म Maidaan का ट्रेलर हुआ लॉन्च, फुटबॉल कोच बनकर छा गए एक्टर

‘भीड़ से साथ की उम्मीद मत रखना', Ajay Devgan की मच अवेटेड फिल्म Maidaan काट्रेलर हुआ लॉन्च,फुटबॉल कोच बनकर छा गए एक्टर

मनोरंजन नामा 2 Apr 2024 2:35 pm