खेतों में करंट लगने से बच्चे की मौत:7 नामजद समेत कई लोगों पर मुकदमा दर्ज, पुलिस जांच जारी
बखिरा थाना क्षेत्र के शिवापार गांव में खेत की घेराबंदी के लिए लगाए गए बिजली प्रवाहित तार की चपेट में आने से एक 10 वर्षीय बालक की मौत हो गई। इस मामले में बखिरा पुलिस ने मृतक के पिता की तहरीर पर 7 नामजद सहित कई लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मृतक बालक की पहचान शिवापार निवासी अखिलेश यादव के पुत्र अमन यादव के रूप में हुई है। अखिलेश यादव ने पुलिस को दी तहरीर में आरोप लगाया है कि गांव के कुछ लोगों ने अपने खेतों की सुरक्षा के लिए लोहे के तारों में अवैध रूप से बिजली का करंट प्रवाहित कर रखा था। मंगलवार देर रात अमन यादव खेलते हुए इन तारों की चपेट में आ गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही परिवार में शोक छा गया। तहरीर में यह भी आरोप है कि घटना के बाद जब परिजनों ने कार्रवाई की मांग की, तो कुछ आरोपियों ने उन्हें धमकाने का प्रयास किया। इसके बाद पीड़ित पक्ष ने थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। थानाध्यक्ष उमाशंकर त्रिपाठी ने बताया कि मृतक के पिता की तहरीर के आधार पर 7 नामजद और कुछ अज्ञात लोगों के विरुद्ध संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। उन्होंने कहा कि मामले की जांच की जा रही है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
मासूम की हत्या में 2 को उम्रकैद:15 लाख फिरौती के लिए 10 साल के बच्चे को अगवा करके हत्या की थी
करीब 11 साल पहले 15 लाख की फिरौती के लिए 10 साल के बच्चे को अगवा करके उसकी हत्या करने के मामले में 99अदालत ने दो दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। दोनों पर 35-35 हजार रुपए अर्थदंड भी लगाया है। जबकि मुख्य आरोपी की पत्नी और साले को साक्ष्यों के अभाव में बरी कर दिया गया।मामला संभल जिले के कुढ़फतेहगढ़ थाना क्षेत्र का है। 22 फरवरी 2015 को संभल जिले के कुढ़फतेहगढ़ थाना क्षेत्र में इमरतपुर स्योडारा निवासी मान सिंह ने अपने 10 साल के बेटे सोनू की गुमशुदगी दर्ज कराई थी। FIR में मान सिंह ने कहा था कि 21 फरवरी 2015 की रात में उनका बेटा गांव में ही बारात देखने गया था। इसके बाद वह वापस नहीं लौटा। अगले दिन मान सिंह के पास एक नंबर से कॉल आई और कॉल करने वाले ने सोनू को रिहा करने की एवज में 15 लाख रुपए की डिमांड की। पुलिस ने इस नंबर की जांच करने के बाद गांव के ही रहने वाले प्रेमपाल उसकी पत्नी आशा देवी, उसके साथी नरेश और रामपुर के ढकिया थाना क्षेत्र में रवानी निवासी साले जितेंद्र को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया था। इनकी निशानदेही पर सोनू का शव गांव में ही गन्ने के खेत से बरामद हुआ था। चारों आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल किया था। मामले की सुनवाई मुरादाबाद में FTC-2 धीरेंद्र सिंह की अदालत में हुई। दोनों पक्षों को सुनने के बाद अदालत ने मगलवार को अपना फैसला सुनाया। कोर्ट ने प्रेमपाल और उसके साथी नरेश को सोनू के अपहरण और हत्या का दोषी पाया। दोनों को दोषी करार देते हुए कोर्ट ने उम्रकैद और 35-35 हजार रुपए के अर्थदंड की सजा सुनाई है। जबकि प्रेमपाल की पत्नी आशा देवी और साले जितेंद्र को साक्ष्यों के अभाव में बरी कर दिया है।
बिलासपुर के छत्तीसगढ़ आयुर्विज्ञान संस्थान (सिम्स) के डॉक्टरों ने युवक की जान बचाई है। युवक की श्वासनली (विंड पाइप) कट गई थी। गंभीर हालत में पहुंचे मरीज की डॉक्टरों ने करीब दो घंटे तक जटिल सर्जरी कर जान बचाई। यह घटना 1 जून की है। सुबह करीब 7 बजे 26 वर्षीय शादाब खान को गंभीर हालत में सिम्स के कैजुअल्टी वार्ड लाया गया। उसके गले में गहरा घाव था और श्वासनली कट जाने के कारण उसे सांस लेने में काफी परेशानी हो रही थी। घाव से हवा का आवागमन साफ दिखाई दे रहा था, जो डॉक्टरों के अनुसार बेहद गंभीर स्थिति थी। शरीर में ऑक्सीजन का स्तर भी लगातार कम हो रहा था। डॉक्टरों ने तुरंत लिया ऑपरेशन का फैसला मरीज की हालत को देखते हुए ईएनटी विभागाध्यक्ष प्रोफेसर डॉ. आरती पाण्डेय, सह प्राध्यापक डॉ. विद्याभूषण साहू और सहायक प्राध्यापक डॉ. श्वेता मित्तल ने तुरंत जांच की। डॉक्टरों ने बिना देर किए मरीज को आपातकालीन ऑपरेशन थिएटर में ले जाने का निर्णय लिया। सबसे बड़ी चुनौती मरीज का श्वास मार्ग सुरक्षित करना था, क्योंकि थोड़ी सी देरी भी जानलेवा साबित हो सकती थी। दो घंटे चली जटिल सर्जरी ऑपरेशन थिएटर में सबसे पहले डॉक्टरों ने आपातकालीन ट्रेकियोस्टॉमी कर मरीज का श्वास मार्ग सुरक्षित किया। इससे ऑक्सीजन का स्तर सामान्य किया गया। इसके बाद करीब दो घंटे तक चली जटिल सर्जरी में श्वासनली की मरम्मत की गई। साथ ही गर्दन की अन्य क्षतिग्रस्त संरचनाओं को भी ठीक किया गया। पांच परतों में की गई मरम्मत सर्जरी के दौरान डॉक्टरों ने श्वासनली, उसके ऊपर की मांसपेशियों, फैशियल लेयर और त्वचा को क्रमवार पांच परतों में जोड़कर मरम्मत की। डॉक्टरों की सूक्ष्म तकनीक, अनुभव और धैर्यपूर्ण प्रयासों से मरीज की गंभीर चोट का सफल इलाज किया गया। सिर में भी मिली गंभीर चोट, रायपुर किया गया रेफर सर्जरी के बाद जांच में मरीज के सिर की हड्डी में कई जगह फ्रैक्चर और सीटी स्कैन में मस्तिष्क के भीतर रक्तस्राव (ब्रेन हेमरेज) के संकेत मिले। सिम्स में न्यूरोसर्जन उपलब्ध नहीं होने के कारण मरीज को प्राथमिक उपचार देकर आगे के इलाज के लिए पंडित जवाहरलाल नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय और अस्पताल, रायपुर रेफर किया गया। वहां उसका इलाज जारी है। एनेस्थीसिया टीम की भी रही अहम भूमिका इस जटिल सर्जरी में एनेस्थीसिया विभागाध्यक्ष और प्रोफेसर डॉ. मधुमिता मूर्ति और सहायक प्राध्यापक डॉ. प्रशांत कुमार पैंकरा के नेतृत्व में एनेस्थीसिया टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। टीम ने पूरे ऑपरेशन के दौरान मरीज की स्थिति को स्थिर और सुरक्षित बनाए रखा। समय पर इलाज और टीमवर्क से बची जान ईएनटी विभागाध्यक्ष डॉ. आरती पाण्डेय ने बताया कि मरीज को सांस लेने में काफी दिक्कत हो रही थी। टीम ने तुरंत निर्णय लेते हुए उसका श्वास मार्ग सुरक्षित किया और श्वासनली की जटिल सर्जरी की। उन्होंने कहा कि इस तरह की चोटें बेहद दुर्लभ और जानलेवा होती हैं, लेकिन समय पर उपचार और बेहतर टीमवर्क की वजह से मरीज की जान बचाई जा सकी। सिम्स में बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं का दावा सिम्स के अधिष्ठाता डॉ. रमणेश मूर्ति ने इस सफलता पर डॉक्टरों की टीम को बधाई दी। उन्होंने कहा कि सिम्स में आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं और विशेषज्ञ सेवाओं के जरिए लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। वहीं, चिकित्सा अधीक्षक डॉ. लखन सिंह ने कहा कि अस्पताल में आने वाले हर गंभीर मरीज को त्वरित और गुणवत्तापूर्ण उपचार देना उनकी प्राथमिकता है। बिलासपुर। छत्तीसगढ़ आयुर्विज्ञान संस्थान (सिम्स) के डॉक्टरों ने एक युवक की जान बचाई है। युवक की श्वासनली कट गई थी, जिसके बाद डॉक्टरों ने दो घंटे की जटिल सर्जरी कर उसे नया जीवन दिया। यह घटना 1 जून की है। सुबह करीब 7 बजे 26 वर्षीय शादाब खान को गंभीर हालत में सिम्स के कैजुअल्टी वार्ड लाया गया। उसके गले में गहरा खुला घाव था और श्वासनली कटने के कारण उसे सांस लेने में परेशानी हो रही थी। घाव से हवा का स्पष्ट आवागमन हो रहा था, जो चिकित्सकीय दृष्टि से अत्यंत गंभीर स्थिति थी। मरीज के शरीर में ऑक्सीजन का स्तर लगातार गिर रहा था। ईएनटी विभागाध्यक्ष प्रोफेसर डॉ. आरती पाण्डेय, सह प्राध्यापक विद्याभूषण साहू और सहायक प्राध्यापक डॉ. श्वेता मित्तल ने तत्काल स्थिति का आकलन किया। चिकित्सकों ने तुरंत मरीज को आपातकालीन ऑपरेशन थिएटर ले जाने का निर्णय लिया। उनके सामने सबसे बड़ी चुनौती मरीज के श्वास मार्ग को सुरक्षित करना था, क्योंकि थोड़ी सी भी देरी जानलेवा साबित हो सकती थी। ऑपरेशन थिएटर में पहुंचते ही डॉक्टरों ने आपातकालीन ट्रेकियोस्टॉमी कर मरीज का श्वास मार्ग सुरक्षित किया। इससे ऑक्सीजन संतृप्ति सामान्य स्तर पर लाई गई। इसके बाद दो घंटे की जटिल सर्जरी शुरू हुई, जिसमें श्वासनली की मरम्मत के साथ गर्दन की अन्य क्षतिग्रस्त संरचनाओं को भी पुनर्स्थापित किया गया।
महराजगंज में उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड द्वारा आयोजित आरक्षी नागरिक पुलिस एवं समकक्ष पदों पर सीधी भर्ती-2025 की लिखित परीक्षा का तीसरा और अंतिम दिन बुधवार को संपन्न हुआ। जनपद के 13 परीक्षा केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच 11,520 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। जिला प्रशासन और पुलिस विभाग ने परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए व्यापक इंतजाम किए थे। यह भर्ती परीक्षा तीन दिनों तक चली, जिसके लिए कुल 13 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। कुल 34,560 अभ्यर्थियों के शामिल होने की व्यवस्था की गई थी। अंतिम दिन 13 केंद्रों पर 11,520 अभ्यर्थियों के परीक्षा देने की व्यवस्था की गई थी। परीक्षा के पहले दिन 8,704 अभ्यर्थियों ने भाग लिया, जबकि 2,816 अनुपस्थित रहे। दूसरे दिन 8,868 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी और 2,652 अनुपस्थित रहे। दोनों ही दिन परीक्षा शांतिपूर्ण और व्यवस्थित वातावरण में संपन्न हुई थी। भर्ती परीक्षा की सुरक्षा व्यवस्था के लिए व्यापक इंतजाम किए गए थे। परीक्षा ड्यूटी में एक पुलिस उपाधीक्षक, 23 निरीक्षक एवं थाना प्रभारी, 30 उपनिरीक्षक, 109 हेड कांस्टेबल, 202 कांस्टेबल, 104 महिला आरक्षी तथा एलआईयू के 13 कर्मियों सहित कुल 482 पुलिसकर्मी तैनात किए गए थे। इसके अतिरिक्त, कानून-व्यवस्था और यातायात प्रबंधन को सुचारू बनाए रखने के लिए तीन पुलिस उपनिरीक्षक, छह निरीक्षक, 13 उपनिरीक्षक, 33 पुलिसकर्मी तथा 17 यातायात पुलिस कर्मियों की अलग से तैनाती की गई थी। इस प्रकार, परीक्षा की सुरक्षा और व्यवस्था के लिए कुल 554 पुलिसकर्मी लगाए गए थे। जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने बताया कि परीक्षा को पूरी पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ संपन्न कराया गया। सभी परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था, सीसीटीवी निगरानी तथा सतत पर्यवेक्षण की व्यवस्था की गई थी। उन्होंने कहा कि प्रशासन का लक्ष्य प्रत्येक अभ्यर्थी को शांतिपूर्ण और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना था, ताकि परीक्षा सुचारू रूप से संपन्न हो सके। पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा लगातार परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं पर नजर रखी गई। परीक्षा के अंतिम दिन भी सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष सतर्कता बरती गई।
अलवर जिले के मालाखेड़ा थाना क्षेत्र के अचलपुरी गांव में जमीन जोतने और तारबंदी को लेकर शुरू हुआ पारिवारिक विवाद बुधवार को खूनी संघर्ष में बदल गया। दूसरे पक्ष के लोगों ने खेत पर कब्जा करने की नीयत से पीड़ित परिवार के लोगों पर ट्रैक्टर चढ़ा दिया। इस हमले में करीब आधा दर्जन लोग चोटिल हुए हैं, जिनमें से तीन की हालत गंभीर बताई जा रही है। सभी घायलों को इलाज के लिए अलवर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना के बाद से गांव में दहशत और तनाव का माहौल है। 5 बीघा जमीन के बंटवारे को लेकर था विवाद घायल पक्ष से महिला संता ने बताया कि पारिवारिक बंटवारे में उनके हिस्से में करीब 5 बीघा जमीन आई थी। बुधवार को इसी जमीन पर उनका परिवार तारबंदी (फेंसिंग) का काम कर रहा था। इसी दौरान दूसरे पक्ष के महेश, भागचंद सहित उनका परिवार लोग लाठी-डंडों के साथ वहां पहुंचे और काम रुकवाते हुए झगड़ा शुरू कर दिया। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि हमलावरों ने सीधे लोगों पर ट्रैक्टर दौड़ा दिया और उन्हें कुचलने का प्रयास किया। ट्रैक्टर चढ़ाने के चक्कर में रिंकेश मीणा, बलली बाई व सजनी मीणा घायल हो गए। हम पुलिस कंट्रोल रूम सहित थाने पर कई बार फोन किया है। लेकिन पुलिस ने ध्यान नहीं दिया। एक दिन पहले अलवर एसपी से भी मिले थे। बीच-बचाव करने वालों को भी पीटा, गांव में पुलिस तैनात प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, ट्रैक्टर चढ़ाने की घटना के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। जब आस-पास के लोग बीच-बचाव करने दौड़े, तो हमलावरों ने उनके साथ भी मारपीट की। घटना की सूचना पाकर मालाखेड़ा थाना पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंची। फिलहाल गांव में एहतियातन पुलिस तैनात की गई है। पुलिस का पक्ष: जांच के बाद होगी सख्त कार्रवाई मामले को लेकर मालाखेड़ा थाना पुलिस का कहना है कि घटना की सूचना मिलते ही टीम मौके पर पहुंच गई थी। फिलहाल घायलों का अस्पताल में इलाज जारी है और दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। पीड़ितों की ओर से मिलने वाली शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
उन्नाव में उत्तर प्रदेश पुलिस आरक्षी भर्ती (एनरोलमेंट-2025) लिखित परीक्षा का दूसरा दिन कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच संपन्न हो रहा है। जिले के 12 परीक्षा केंद्रों पर लगभग 3662 अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं। जिला प्रशासन और पुलिस विभाग परीक्षा को निष्पक्ष और नकलविहीन बनाने के लिए पूरी तरह मुस्तैद है। परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों को गहन जांच और दस्तावेजों के सत्यापन के बाद ही प्रवेश दिया जा रहा है। बुधवार सुबह से ही विभिन्न केंद्रों के बाहर अभ्यर्थियों की लंबी कतारें देखी गईं। आगरा, लखनऊ सहित प्रदेश के कई जनपदों से अभ्यर्थी परीक्षा देने उन्नाव पहुंचे हैं। परीक्षा केंद्रों के आसपास सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। पुलिस बल के साथ-साथ मजिस्ट्रेट स्तर के अधिकारी भी लगातार निगरानी बनाए हुए हैं। जिलाधिकारी घनश्याम मीणा और पुलिस अधीक्षक जयप्रकाश सिंह स्वयं व्यवस्थाओं पर नजर रख रहे हैं। अटल बिहारी इंटर कॉलेज, डीएसएन इंटर कॉलेज, राजकीय इंटर कॉलेज, राजकीय बालिका इंटर कॉलेज, ओपीडी इंटर कॉलेज, श्यामलाल इंटर कॉलेज, एसएवी इंटर कॉलेज और अचलगंज सहित कुल 12 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। परीक्षा दो पालियों में आयोजित की जा रही है: पहली पाली सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर 3 बजे से शाम 5 बजे तक। अपर जिलाधिकारी सुशील कुमार और अपर पुलिस अधीक्षक अखिलेश कुमार सिंह समेत अन्य वरिष्ठ अधिकारी विभिन्न परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे हैं। प्रत्येक केंद्र पर सेक्टर मजिस्ट्रेट और जोनल मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं। बाहर से आने वाले अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए शहर में पुलिस सहायता केंद्र भी स्थापित किए गए हैं, जहां उन्हें मार्गदर्शन और आवश्यक सहायता मिल रही है। प्रशासन ने परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के लिए किसी भी लापरवाही के प्रति सख्त रुख अपनाया है।
डीएम आलोक कुमार ने मुखलिसपुर में निर्माणाधीन बस स्टेशन का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्य में इस्तेमाल हो रही ईंट, मोरंग और सरिया की गुणवत्ता की थर्ड पार्टी से जांच कराने के निर्देश दिए। मुख्य विकास अधिकारी जयकेश त्रिपाठी भी निरीक्षण के दौरान मौजूद रहे। निरीक्षण के समय बस स्टेशन के मुख्य भवन की नींव (प्लिंथ) का निर्माण कार्य चल रहा था। जिलाधिकारी ने पाया कि शौचालय और चारदीवारी का निर्माण अभी अधूरा है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को इन अधूरे कार्यों को तत्काल पूरा करने का निर्देश दिया। कार्य की धीमी प्रगति पर चिंता व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित विभाग को निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करते हुए बस स्टेशन का निर्माण पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी कहा कि बस स्टेशन भवन की नींव की ऊंचाई सड़क के सापेक्ष पर्याप्त होनी चाहिए। इसी क्रम में जिलाधिकारी ने नाथनगर स्थित टीएचआर प्लांट का भी स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने बीएमएम को क्रय की गई और प्रयुक्त की गई सामग्री का विस्तृत विवरण तत्काल प्रस्तुत करने का निर्देश दिया।
बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी कानपुर-बुंदेलखण्ड के तीन दिन तक 6 जनपद के दौरे पर रहे। 7 से 9 जून के दौरान उन्होंने सभी स्थान पर प्रबुद्धजनों के साथ कार्यक्रम और बैठक में शामिल हुए। मंगलवार रात कानपुर वापस पहुंचे, उन्होंने कहा इंडिया गठबंधन में दरार आई है, क्योंकि जिस तरह से डीएमके के साथ कांग्रेस ने जो विश्वासघात किया है, 40 साल की दोस्ती जो डीएमके के साथ थी केवल सत्ता पाने के लिए छोड़ दिया। ऐसा लगता है इंडिया एलायंस बिखर जाएगा। पंकज चौधरी का 7 से 9 जून का ये दौरा साफ तौर पर प्रबुद्ध वर्ग पर फोकस दिखाई दिया। तीन दिनों में कानपुर नगर से शुरू हुए इस दौरे में 6 जनपदों में सभी जगह प्रबुद्ध वर्गों के साथ बैठक और कार्यक्रम किए गए। इसके साथ ही स्थानीय मंदिरों में दर्शन के साथ ही साधु-संतों से भी मुलाकात की गई। संतों को सम्मानित करने के कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। प्रदेश अध्यक्ष के बुंदेलखण्ड के इस दौरे में पंकज प्रबुद्ध प्लान नजर आया है। पढ़िए पूरी रिपोर्ट 7 जून को पंकज चौधरी कानपुर पहुंचे, यहां कानपुर-बुंदेलखण्ड क्षेत्रीय अध्यक्ष प्रकाश पाल के निवास पर पहुंचकर उनके दिवंगत बड़े भाई रामपाल की श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके बाद यहां से वो कानपुर देहात के लिए रवाना हो गए। रनियां से ही प्रदेश अध्यक्ष का कई जगह स्वागत किया गया। कानपुर देहात में सचान जी के कार्यक्रम में प्रबुद्धजनों बैठक कर संवाद किया। अनोखे अंदाज में बुल्डोजर से पुष्पवर्षा कर स्वागत भी हुए। पंकज जब जालौन पहुंचे तो रास्ते में स्वागत हुआ, यहां 20 जगह कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर प्रबुद्ध वर्ग के लोगों से मुलाकात की। 7 जून की रात को झांसी सर्किट हाउस पहुंच गए, यहां कार्यकर्ताओं के साथ बैठक की, जहां संबोधन में कहा कि जिस विश्वास के साथ मुझे प्रदेश का अध्यक्ष बनाया गया, यह मेरे लिए सौभाग्य की बात है।लेकिन पंकज ने यहां कार्यकर्ताओं से कहा कि यह मेरी जिम्मेदारी तब पूरी होगी जब आपका भरपूर साथ मेरे साथ बना रहेगा। अब पढ़िए 8 जून को प्रदेश अध्यक्ष का दौराझांसी में सुबह सर्किट हाउस से निकलने के बाद प्रबुद्ध वर्ग के लोगों के साथ मुलाकात की। इसके बाद दतिया में दर्शन किया, इसके बाद यहां से संतों के एक समागम में हिस्सा लिया। 11 संतों को सम्मान किया। उन्होंने समागम में कहा कि बीजेपी सनातन को मानने वाली पार्टी है। साधु-संतों का ही आशीर्वाद है कि वर्तमान में 22 राज्यों में बीजेपी की सरकार है। साल 2014 से 2026 तक लगातार सफलता मिल रही है। इसी आशीर्वाद से 2027 में भी बड़ी जीत मिलेगी। पंकज 8 जून को ही ललितपुर के लिए रवाना हो गए, यहां माता टीला गेस्ट हाउस में रात्रि को रुक गए। अब पढ़िए 9 जून को प्रदेश अध्यक्ष का दौराललितपुर में मंगलवार को सुबह माता मालिनी मंदिर में दर्शन से शुरुआत की गई। इसके बाद यहीं पर वृक्षारोपण किया गया। ललितपुर में प्रबुद्ध वर्ग के लोगों से संवाद किया। इसके बाद जिला बीजेपी कार्यालय में कार्यकर्ताओं के साथ बैठक की। मंगलवार को इस बैठक पर सपा पर प्रदेश अध्यक्ष हमलावर हुए, उन्होंने अखिलेश यादव पर कहा कि वो अब सपा का नाम लेने में भी डरते हैं, क्योंकि अब वो पीडीए-पीडीए चिल्ला रहे हैं। असली पीडीए तो मैं हूं, अखिलेश अब सपा बोलने में क्यों डर रहे हैं, इसकी वजह है कि सपा जब यूपी में सत्ता में रही तो उसने दंगा पार्टी होने का ब्रांड हासिल किया था। मंगलवार शाम को पंकज औरैया पहुंचे, कई जगह यहां कार्यकर्ताओं ने स्वागत किया। प्रबुद्धजनों से मुलाकात कर संवाद किया। इसके बाद यहां से कानपुर नगर के लिए रवाना हो गए। रात करीब 9.45 पर शहर के नवाबगंज स्थित अशोक साहू के निवास पहुंचे जहां प्रबुद्धजनों से संवाद किया। इसके साथ ही कार्यकर्ताओं से मुलाकात की। यहां कार्यकर्ताओं का सम्मान भी किया। प्रबुद्धजनों को भी सम्मानित किया। पंकज का तीन दिन में 50 स्थानों पर हुआ स्वागतप्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी का कानपुर देहात से लेकर 6 जनपदों में 50 से ज्यादा जगह कार्यकर्ताओं ने स्वागत किया। कानपुर देहात से लेकर जालौन तक कई जगह अनोखे अंदाज में बुल्डोजर से पुष्पवर्षा कर स्वागत किया गया। इन जनपदों का किया दौराकानपुर नगर, कानपुर देहात, जालौन, झांसी, ललितपुर और औरैया जनपद का दौरा किया। कानपुर में पंकज चौधरी बोलेजब प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी मिली, तो 6 क्षेत्रों में दौरा किया था। लेकिन कानपुर-बुंदेलखण्ड का हिस्सा रह गया था। इस लिए मेरे मन में था, इस लिए मैं इस क्षेत्र में घूमा। जब इस क्षेत्र में दौरा किया तो देखा कि कार्यकर्ताओं में उत्साह दिखाई दे रहा है, इससे लगता है 2027 में भारतीय जनता पार्टी को बड़ी जीत मिलने वाली है। उन्होंने कहा 2024 में जो नेरेटिव सेट किया गया था, गुमराह किया गया था। उसके बाद जो भी चुनाव हुए हरियाणा, दिल्ली, महाराष्ट्र, बिहार और बंगाल का भी चुनाव देखा, बंगाल में परिवारवाद और भ्रष्टाचार को जनता ने खत्म कर दिया और बीजेपी की सरकार बनाई। यूपी में भी जातिवाद और माफियावाद को जनता ने जो खत्म किया था, अब परिवारवाद को भी खत्म होगा। 2027 में यूपी की जनता बंगाल की तरह हाल करने वाली है। एमपी में राज्यसभा के लिए कांग्रेस प्रत्याशी का पर्चा खारिज किए जाने के सवाल पर कहा कि पर्चा गलत भरा होगा इसी लिए खारिज हुआ होगा। ये जो चुनाव आयोग का मामला है।संगठन के पदाधिकारियों की नई लिस्ट के आने का इंतजार किए जाने के सवाल पर कहा कि थोड़ा अभी धैर्य बनाए रखें, सब्र रखें वो भी होगा। यूपी की कानून व्यवस्था आज पूरे देश के लिए मॉडल बन चुकी है, साल 2017 से पहले का यूपी और अब 2017 के बाद से 2026 तक कानून व्यवस्था को देख लीजिए अंदाजा लग जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि इंडिया गठबंधन बिखर जाएगा, क्योंकि कांग्रेस ने जिस तरह से अपने 40 साल पुराने दोस्त डीएमके को सत्ता पाने के लिए धोखा दे दिया, विश्वासघात किया है।
मरवाही में रिहायशी इलाके में घुसे 4 हाथी:वन विभाग परिसर तक पहुंचे, टीम मुस्तैद, ग्रामीणों को अलर्ट
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के मरवाही इलाके में चार हाथियों का एक दल रिहायशी क्षेत्र में घुस गया। ये हाथी वन विभाग के रेंजर कार्यालय परिसर तक भी पहुंच गए। हाथियों के आबादी वाले इलाके में आने से स्थानीय लोगों में दहशत फैल गई। हाथियों का यह दल मरवाही की हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी और मरवाही रेंज ऑफिस के बेहद करीब तक आ गया था। हाथियों की मौजूदगी की खबर फैलते ही उन्हें देखने के लिए मौके पर भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाला। वन कर्मियों ने हाथियों के दल को दर्रीटोला की ओर खदेड़ दिया था। हालांकि, कुछ ही देर बाद चारों हाथी वापस लौट आए। उन्होंने नवाटोला की एक आम की बगिया में डेरा जमा लिया। वर्तमान में हाथियों का यह दल कुम्हारी के कंपार्टमेंट नंबर 2026 में मौजूद है। वन विभाग का अमला मौके पर तैनात है और हाथियों की गतिविधियों पर लगातार नज़र रख रहा है। सुरक्षा के मद्देनजर ग्रामीणों को हाथियों से दूर रहने की सलाह दी जा रही है।
श्रीगंगानगर प्रदेश में दूसरे दिन भी सबसे गर्म जिला रहा। यहां अधिकतम तापमान 46.4 डिग्री रिकार्ड किया गया। बुधवार सुबह से धूलभरी आंधी व गर्म हवाओं का दौर जारी है। 11 बजे ही सड़कों पर सन्नाटा पसर जाता है। लोग गर्मी से बेहाल हैं। मौसम विभाग ने 11 जून को जिले में आंधी-बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। मौसम राडार स्टेशन, श्रीगंगानगर पर बुधवार सुबह न्यूनतम तापमान 32.6 डिग्री रिकार्ड किया गया। मंगलवार को न्यूनतम तापमान 30.2 डिग्री और अधिकतम तापमान 46.4 डिग्री रिकार्ड किया गया। वहीं, सोमवार को यहां न्यूनतम तापमान 29.8 डिग्री और अधिकतम तापमान 45.6 डिग्री रिकार्ड किया गया। मौसम विभाग के अनुसार 11 जून को प्रदेश में एक नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस एक्टिव होगा। इसके प्रभाव से कई जिलों में आंधी बारिश व ओलावृष्टि का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। इस दौरान 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की तेज रफ्तार से हवाएं चलेगी और बारिश होगी।
जब तक जिएंगे साथ जिएंगे और साथ मरेंगे, तुम्हारे बिना जीने का मैं सोच भी नहीं सकती। पति-पत्नी के बीच कभी मजाक में कही गई यह बात किसी ने गंभीरता से नहीं ली थी, लेकिन रविवार को यह संवाद एक दर्दनाक हकीकत में बदल गया। रीवा के युवा कारोबारी प्रदीप सोनी की मौत की खबर मिलने के कुछ ही मिनट बाद उनकी पत्नी वैषाली खड़ायत ने भी उत्तराखंड में सुसाइड कर लिया। पांच साल पहले शुरू हुई थी प्रेम कहानी प्रदीप सोनी और वैषाली खड़ायत ने वर्ष 2021 में प्रेम विवाह किया था। परिवार के लोगों के अनुसार दोनों के बीच गहरा लगाव और भावनात्मक जुड़ाव था। वे एक-दूसरे के बिना जीवन की कल्पना तक नहीं करते थे। परिजन बताते हैं कि दोनों अक्सर मजाक-मजाक में जीवन और साथ को लेकर बातें करते थे, लेकिन किसी ने कभी नहीं सोचा था कि ऐसी बातें एक दिन इतनी दर्दनाक सच्चाई बन जाएंगी। तुम्हारे बिना नहीं जी सकती परिवार के अनुसार एक बार बातचीत के दौरान प्रदीप ने वैषाली से कहा था कि वह उसके बिना एक पल भी नहीं जी सकता। इस पर दोनों के बीच हल्की-फुल्की नोकझोंक और मजाक हुआ। उसी दौरान वैषाली ने कहा था कि जब तक जिएंगे साथ जिएंगे और साथ मरेंगे, क्योंकि वह पति के बिना जीवन की कल्पना नहीं कर सकती। उस समय यह एक सामान्य वैवाहिक बातचीत थी, लेकिन आज परिवार के लोग उसी बातचीत को याद कर भावुक हो रहे हैं। पिता ने बताया बहू का समर्पण प्रदीप के पिता और शहर के प्रतिष्ठित आभूषण व्यवसायी परमानंद सोनी ने बताया कि उनकी बहू वैषाली बेटे से बेहद प्रेम करती थी। उन्होंने कहा कि बेटे की मौत की सूचना मिलने के बाद 5 मिनट भी नहीं रूकी और अपनी जान दे दी। उन्होंने बताया कि बेटे की अचानक मौत का सदमा वैषाली सहन नहीं कर सकी। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि आत्महत्या किसी भी परिस्थिति में उचित कदम नहीं है, लेकिन बहू अपने पति से बेहद जुड़ी हुई थी और यह दुख बर्दाश्त नहीं कर पाई। ऐसे सामने आया प्रदीप की मौत का मामला जानकारी के अनुसार प्रदीप सोनी अनंतपुर स्थित अपने घर में अकेले थे। उनकी पत्नी कुछ दिन पहले उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले के कुमौड़ गांव स्थित मायके गई हुई थीं। रविवार दोपहर तक प्रदीप का मोबाइल फोन लगातार बंद या अनुत्तरित रहा तो परिजनों को चिंता हुई। परिवार के सदस्य उनके घर पहुंचे, लेकिन काफी देर तक दरवाजा नहीं खुला। इसके बाद दरवाजा तोड़ा गया। अंदर जाकर देखा तो प्रदीप बाथरूम में मृत अवस्था में पड़े थे। कार्डियक अरेस्ट की आशंका परिवार के अनुसार प्रदीप को पहले किसी गंभीर बीमारी की जानकारी नहीं थी। बताया गया कि वह रात में भोजन करने के बाद सोने चले गए थे। घटना की जानकारी सबसे पहले घर में काम करने वाली महिला को हुई, जिसने वैषाली को फोन किया। इसके बाद सूचना अन्य परिजनों तक पहुंची। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। प्रारंभिक जांच में चिकित्सकों ने कार्डियक अरेस्ट से मौत की आशंका जताई है। पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई कर शव का पोस्टमार्टम कराया और मामले की जांच शुरू कर दी। पति की मौत की खबर से टूट गई वैषाली दूसरी ओर उत्तराखंड में मौजूद वैषाली खड़ायत को रविवार सुबह फोन पर पति की मौत की जानकारी मिली। परिजनों के अनुसार यह खबर सुनने के बाद वह गहरे सदमे में चली गई थीं। कुछ समय बाद वह बिना किसी को बताए घर से निकल गईं। परिजन उनकी तलाश कर रहे थे, तभी शाम को जाजरदेवल थाना क्षेत्र के नैनीसैनी गधेरे के पास एक तालाब में महिला का शव मिलने की सूचना पुलिस को मिली। तालाब में मिला शव, पहचान हुई मौके पर पहुंची पुलिस ने शव की पहचान वैषाली खड़ायत के रूप में की। घटनास्थल से उनका मोबाइल फोन और पर्स भी बरामद किया गया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजते हुए जांच शुरू कर दी है। एक ही दिन में बेटे और बहू की मौत से सोनी परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। परिवार के लोगों के लिए इस घटना पर विश्वास करना भी मुश्किल हो रहा है। रीवा के व्यापारिक संगठनों और सराफा कारोबार से जुड़े लोगों ने भी गहरा शोक व्यक्त किया है। दो अलग-अलग राज्यों में हुई इन घटनाओं की जांच पुलिस अपने-अपने स्तर पर कर रही है। फिलहाल दोनों परिवारों के बीच शोक का माहौल है और हर कोई इस दर्दनाक घटनाक्रम को लेकर स्तब्ध है। पुलिस ने नहीं जताई किसी संदेह की आशंका मामले को लेकर एडिशनल एसपी संदीप मिश्रा ने बताया कि अभी तक की जांच में कोई संदेहास्पद तथ्य सामने नहीं आए हैं। दोनों मामलों में पुलिस नियमानुसार जांच कर रही है, लेकिन फिलहाल किसी तरह की आपराधिक आशंका नहीं मानी जा रही है। युवाओं में बढ़ रहे कार्डियक अटैक के मामले हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. वीडी त्रिपाठी के अनुसार पिछले कुछ वर्षों में युवाओं में कार्डियक अटैक के मामलों में तेजी से बढ़ोतरी हुई है। अनियमित जीवनशैली, तनाव, धूम्रपान, शराब का सेवन, जंक फूड और शारीरिक गतिविधियों की कमी इसके प्रमुख कारण माने जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज और बढ़ता मोटापा भी हृदय रोग का खतरा बढ़ाते हैं। नियमित स्वास्थ्य जांच, संतुलित खानपान और व्यायाम से ऐसे जोखिमों को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
बादलपुर के वेयरहाउस में भीषण आग:दमकल की 10 गाड़ियों ने पाया काबू, कोई हताहत नहीं
ग्रेटर नोएडा के बादलपुर थाना क्षेत्र में एक पुराने फर्नीचर के वेयरहाउस में भीषण आग लग गई। रात करीब 12:30 बजे लगी इस आग ने जल्द ही विकराल रूप ले लिया और पूरा वेयरहाउस धू-धू कर जल उठा। सूचना मिलने पर दमकल विभाग की 10 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और लगभग तीन से चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई है। स्थानीय मंदिर के पुजारी जितेंद्र गिरी ने बताया कि आग रात करीब 12:30 बजे लगी थी। आग इतनी भीषण थी कि इससे आसपास के इलाके में हड़कंप मच गया। उन्होंने बताया कि दमकल की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने का काम शुरू किया। आग से वेयरहाउस को काफी नुकसान हुआ है। जिला दमकल अधिकारी प्रदीप कुमार चौबे ने जानकारी दी कि आग लगने की सूचना मिलते ही दमकल की 10 गाड़ियों को घटनास्थल पर भेजा गया। उन्होंने पुष्टि की कि कड़ी मेहनत के बाद आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया है और इस हादसे में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। आग लगने के कारणों की अभी जांच की जा रही है, हालांकि शुरुआती आशंका शॉर्ट सर्किट की जताई जा रही है। यह घटना बादलपुर थाना क्षेत्र के धूम बिजली घर के पीछे हुई।
हनुमानगढ़ जिले में नशा तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत पुलिस ने तीन अलग-अलग कार्रवाइयों में 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से कुल 5.29 ग्राम अवैध हेरोइन (चिट्टा) बरामद की। यह कार्रवाई पीलीबंगा, रावतसर और तलवाड़ा थाना क्षेत्रों में की गई। आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामले दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। पीलीबंगा थाना पुलिस ने गश्त के दौरान मंडी पीलीबंगा निवासी 29 वर्षीय पवन कुमार को गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से 1.25 ग्राम चिट्टा बरामद किया गया।रावतसर थाना पुलिस ने वार्ड नंबर 15 क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए 28 वर्षीय सोनू उर्फ कृष्णलाल को 1.76 ग्राम अवैध हेरोइन के साथ पकड़ा। तलवाड़ा थाना पुलिस ने गश्त के दौरान एक अन्य कार्रवाई में हरियाणा के सिरसा जिले के ऐलनाबाद क्षेत्र के तलवाड़ा खुर्द निवासी 27 वर्षीय कर्ण को गिरफ्तार किया। उसके पास से 2.28 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ।
रेवाड़ी सरकुलर रोड को पीडब्ल्यूडी ने धारूहेड़ा चुंगी से अंबेडकर चौक तक उखाड़ दिया है। रोड वन-वे होने से जाम की समस्या बनी रहती है। बाहरी कॉलोनियों से बाजार आने-जाने वालों कोनसीवास रोड, दिल्ली रोड, कालका रोड की बजाय आजाद चौक और अंबेडकर चौक पर आने-जाने वाले रास्तों को चुनें। साफ सुथरे रोड को तोड़कर मलबे में तब्दील करने से स्थानीय दुकानदार भी इससे खुश नहीं हैं। अपना काम धंधा प्रभावित होने का दर्द तो है, परंतु डर के कारण सामने आकर बोलने से बच रहे हैं। इस साल की शुरूआत में पीडब्ल्यूडी ने दूसरी तरफ के रोड को तोड़कर निर्माण किया था। जिससे लंबे समय तक सरकुलर रोड वन-वे रहने से वाहन चालकों को परेशानियों का सामना करना पड़ा था। कामकाज ठप, जाम बना परेशानी पीडब्ल्यूडी ने एक जून को सरकुलर रोड तोड़ने का काम शुरू किया था। पिछले सप्ताह धारूहेड़ा चुंगी तक रोड तोड़ने का काम पूरा हो गया था। तोड़े गए रोड का मलबा अभी भी रोड पर पड़ा हुआ है। जिससे एक तरफ के दुकानदारों का कामकाज पूरी तरह से ठप होने के कगार पर पहुंच गया है। कई दुकानदारों ने तो अपनी दुकानें को खोलना ही बंद कर दिया है। 2.50 करोड़ से होगा निर्माण जानकारी के अनुसार पीडब्ल्यूडी नए सिरे से रोड को बनाने के लिए 2.50 करोड़ रुपए खर्च करेगा। सड़क निर्माण में करीब एक फीट गहराई तक कंकरीट बिछाई जानी है। जिसके लिए ठेकेदार को एक माह का समय दिया गया था। वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए अब यह काम निर्धारित अवधि में होना संभव नहीं लग रहा। जिससे आने वाले दिनों में सड़क तोड़ने से प्रभावित दुकानदारों की परेशानी और बढ़ सकती हैं। आवागमन का मुख्य मार्ग शहर के प्रमुख बाजारों, बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन जाने का रास्ता सरकुलर रोड से होकर ही गुजरता है। धारूहेड़ा चुंगी से बस स्टैंड तक वाहनों का दबाव सबसे अधिक रहता है। नारनौल, महेंद्रगढ़ से दिल्ली, रोहतक, पटौदी से आवागमन करने वाले वाहन चालकों का मुख्य रास्ता सरकुलर रोड ही है। रोड का दोबारा निर्माण होने तक व्यापारियों के साथ वाहन चालकों को भी परेशानी झेलनी पड़ेगी। अब डायर्वजन ही विकल्प सरकुलर रोड वन-वे होने चलते अब जाम से बचने के लिए पुलिस रूट टायर्वजन पर विचार चल रहा है। परिस्थिति बदलने पर दिल्ली, पटौदी, रोहतक- झज्जर के लिए आवागमन करने वाले वाहनों का आउटर सरकुलर रोड से होते हुए राजेश पायलट चौक से गढ़ी बोलनी रोड या बावल रोड होते हुए संचालन हो सकता है। ऐसे ही नारनौल-महेंद्रगढ़ से आने वाले वाहनों को भी इसी मार्ग से चलाया जा सकता है।
सीकर में करीब 1 महीने पहले कोचिंग करने के लिए आए 17-17 साल के दो नाबालिग स्टूडेंट लापता होने का मामला सामने आया है। इनमें एक JEE और दूसरा नीट की तैयारी करता है। JEE की तैयारी करने वाला स्टूडेंट कोचिंग के हॉस्टल में रहता है और नीट की तैयारी करने वाला प्राइवेट हॉस्टल में। दोनों ही बिना बताए हॉस्टल से चले गए। अब परिजनों ने पुलिस में मुकदमा दर्ज करवाया है। JEE की तैयारी कर रहे स्टूडेंट के पिता ने पुलिस में शिकायत देकर बताया कि उनका बेटा सीकर में JEE की तैयारी करने के लिए आया था। जो कोचिंग के ही एक हॉस्टल में रहता था। 8 जून की सुबह करीब 6:50 पर वह हॉस्टल से कहीं चला गया। इसके बाद 8 जून की रात को हॉस्टल के वार्डन ने उन्हें सूचना दी। नाबालिग की काफी तलाश की गई लेकिन कुछ पता नहीं चल पाया। दूसरे केस में 17 साल के नाबालिग स्टूडेंट के पिता ने पुलिस में शिकायत देकर बताया कि उनका 17 साल का बेटा सीकर में नीट की तैयारी करने के लिए आया था। जो सीकर के ही एक प्राइवेट हॉस्टल में रहता था। हॉस्टल से बिना बताए वह कहीं पर चला गया। हॉस्टल स्टाफ ने इस बारे में परिवार को सूचना दी तो परिवार को लगा कि हो सकता है बेटा घर पर आ रहा हूं लेकिन वह घर भी नहीं पहुंचा। जिसके बाद अब परिजनों ने पुलिस में मामला दर्ज करवाया है। इधर दोनों ही मामलों में पुलिस को आशंका है कि दोनों नाबालिग स्टूडेंट्स करीब 1 महीने पहले ही सीकर में पढ़ने के लिए आए थे। ऐसे में पढ़ाई के प्रेशर या मन नहीं लगने के कारण वह यहां से चले गए हो।
महेश्वर के प्रसिद्ध सहस्रधारा जलप्रपात पर मंगलवार शाम एक युवक नर्मदा नदी के तेज बहाव की चपेट में आकर बह गया। वह अपने दोस्तों के साथ यहां नहाने आया था। युवक की पहचान हरियाणा निवासी संजय (40) पिता सतवीर के रूप में हुई। जानकारी के अनुसार, युवक वर्तमान में धार जिले के कानवन के पास बिलवाल गांव में फर्नीचर का ठेकेदारी का काम करता था। मंगलवार शाम करीब 5:30 से 6 बजे के बीच वह अपने दो दोस्तों के साथ सहस्रधारा घूमने आया था। नदी किनारे नहाते समय युवक गहरे पानी और तेज बहाव की ओर चला गया। पानी की रफ्तार अधिक होने के कारण वह अपना संतुलन खो बैठा और देखते ही देखते तेज बहाव में बह गया। एसडीआरएफ की टीम युवक की तलाश में जुटी दोस्तों ने शोर मचाया, जिसके बाद स्थानीय लोग और महेश्वर पुलिस मौके पर पहुंचे। रात होने के कारण मंगलवार को बचाव अभियान शुरू नहीं हो सका था। आज बुधवार सुबह से खरगोन की एसडीआरएफ (SDRF) टीम स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर बोट और गोताखोरों की मदद से नदी में युवक की तलाश कर रही है। तेज बहाव के कारण खबर लिखे जाने तक युवक का कोई सुराग नहीं मिल पाया है। लगातार हादसों से पर्यटकों में चिंता सहस्रधारा जलप्रपात पर लगातार हो रहे हादसे अब पर्यटकों के लिए चिंता का विषय बन चुके हैं। पथरीले रास्तों और पानी के अचानक तेज बहाव के कारण यहां आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। पहले भी इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाकर प्रशासन का ध्यान आकर्षित किया गया था, ताकि सुरक्षा घेरा, चेतावनी बोर्ड और होमगार्ड जवानों की स्थायी तैनाती की जा सके। इसके बावजूद अनुविभागीय अधिकारी (एसडीएम) और स्थानीय पुलिस प्रशासन की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। प्रशासनिक लापरवाही का खामियाजा अब पर्यटकों को अपनी जान गंवाकर भुगतना पड़ रहा है। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई। बुधवार सुबह से खरगोन की एसडीआरएफ टीम को बुलाकर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। लापता युवक की तलाश लगातार जारी है।
कैलारस जनपद क्षेत्र में देर रात आई तेज आंधी और तूफान ने जमकर तबाही मचाई। करीब आधे घंटे तक चले इस तूफान में कई बड़े पेड़ जड़ से उखड़ गए। किसानों के पशुओं के टीन शेड, झोपड़े और कुछ स्थानों पर दीवारें तक गिर गईं। हालांकि, गनीमत यह रही कि इस प्राकृतिक आपदा में किसी भी प्रकार की जनहानि या पशुहानि की सूचना नहीं है। दिन में तेज गर्मी और शाम को लगातार आ रही आंधी के कारण क्षेत्र की बिजली व्यवस्था भी पूरी तरह ठप हो गई है। रायपुर गांव में सबसे ज्यादा नुकसानग्राम रायपुर में आंधी का सबसे ज्यादा असर देखने को मिला। यहां किसान रामभजन, सेवाराम और वेदप्रकाश के पशुओं के टीन शेड उड़ गए और घर के बाहर बनी एक दीवार भी धराशायी हो गई। आसपास के कई पेड़ भी जड़ से उखड़ गए। इसी गांव के निवासी रामलखन शर्मा का कच्चा मकान पूरी तरह से टूटकर गिर गया है। रामलखन के अनुसार, उनके पास रहने का यही एकमात्र स्थान था। आर्थिक स्थिति ठीक न होने के कारण अब उनके सामने सिर छिपाने का बड़ा संकट खड़ा हो गया है। ग्रामीणों ने नुकसान की सूचना प्रशासनिक अधिकारियों को दे दी है। प्रशासन ने दिया जांच और मुआवजे का आश्वासनइस भारी तबाही के बाद एडीएम अश्वनी कुमार रावत ने स्थिति को संज्ञान में लिया है। उन्होंने बताया कि कैलारस क्षेत्र में आंधी से जिन ग्रामीणों का नुकसान हुआ है, उसकी विस्तृत जांच करवाई जाएगी। प्रभावित लोगों को शासकीय योजनाओं से जोड़ा जाएगा और नियमानुसार उचित मुआवजा दिलाने की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाएगी।
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सचिव और कांकेर नगर पालिका परिषद के पूर्व अध्यक्ष जितेंद्र सिंह ठाकुर का मंगलवार दोपहर हैदराबाद में निधन हो गया। वे लंबे समय से बीमार थे और कैंसर का इलाज करा रहे थे। रिश्तेदारों के अनुसार, मंगलवार सुबह उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई थी। दोपहर करीब 3 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। कांग्रेस कार्यकर्ताओं, जनप्रतिनिधियों और समर्थकों ने उनके निधन पर दुख व्यक्त किया है। छात्र राजनीति से शुरू हुआ राजनीतिक सफर जितेंद्र ठाकुर छात्र जीवन से ही राजनीति में सक्रिय थे। उन्होंने कांकेर नगर पालिका में उपाध्यक्ष के रूप में कार्य किया और बाद में अध्यक्ष पद का चुनाव जीतकर शहर का नेतृत्व किया। कांकेर शहर के विकास में उनके योगदान को महत्वपूर्ण माना जाता है। संगठन में निभाई अहम जिम्मेदारियां कांग्रेस संगठन में उन्हें एक मजबूत और प्रभावशाली नेता के रूप में देखा जाता था। लोकसभा और विधानसभा चुनावों के दौरान पार्टी उन्हें महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपती थी। संगठन और जनसेवा के क्षेत्र में उनकी सक्रियता के कारण उन्हें कांग्रेस की रीढ़ माना जाता था। टीएस सिंहदेव ने भी लिया था हालचाल हाल ही में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव भी कांकेर प्रवास के दौरान उनके निवास पहुंचे थे और उनका हालचाल जाना था। उनका अंतिम संस्कार बुधवार शाम 4 बजे किया जाएगा।
डूंगरपुर के पुराने शहर के 4 मोहल्लों के निवासियों ने बिजली कटौती के खिलाफ अपना आक्रोश व्यक्त किया। दिनभर बिजली गुल रहने के बाद देर रात भी बिजली आपूर्ति बाधित होने से नाराज होकर लोग एईएन कार्यालय पहुंचे। उन्होंने कार्यालय के सामने नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया और अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाया। एईएन ने मोबाइल पर लाइन की जांच के बाद जल्द बिजली आपूर्ति बहाल करने का आश्वासन दिया, जिसके बाद लोग अपने घरों को लौट गए। 4 मोहल्लों के लोगों ने घेरा एईएन ऑफिसयह घटनाक्रम मंगलवार रात को सुरमो का चौक, सलाटवाड़ा, सुथारवाड़ा और मालीवाड़ा क्षेत्रों में हुआ। इन मोहल्लों में रोजाना अघोषित बिजली कटौती से लोग पहले से ही परेशान थे। रात करीब 10 बजे बिजली गुल होने के बाद चारों मोहल्लों के निवासी रतनपुर रोड स्थित एईएन कार्यालय पर जमा हुए। वहां कोई अधिकारी मौजूद नहीं था और पावर हाउस के शिकायत कक्ष का लैंडलाइन फोन भी नहीं उठाया गया, जिससे लोगों का गुस्सा और बढ़ गया। भीषण गर्मी में बिजली कटौती से होते है परेशानप्रदर्शनकारियों ने शिकायत की कि इन दिनों भीषण गर्मी और उमस के बावजूद क्षेत्र में रोजाना बिजली गुल रहती है। उन्होंने बताया कि सुबह से बिजली बंद हो जाती है और दिन, रात, सुबह, शाम किसी भी समय मनमर्जी से बिजली काट दी जाती है, जिससे कई घंटों तक आपूर्ति बाधित रहती है। इससे लोगों को गर्मी और उमस से भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पावर हाउस के शिकायत कक्ष के कर्मचारी फोन नहीं उठाते और कोई जवाब नहीं देते। आश्वासन के बाद माने प्रदर्शनकारीलोगों ने बिजली कटौती के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और एईएन से मोबाइल फोन पर बात कर उन्हें मौके पर बुलाने की मांग की। एईएन ने स्थिति का जायजा लेने के बाद बिजली की समस्या को जल्द दूर करने का आश्वासन दिया। इस आश्वासन के बाद लोग अपने घरों को लौट गए। हालांकि, उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि बिजली कटौती की समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे आगे आंदोलन करेंगे।
हरियाणवी गायिका और बिग बॉस फेम सपना चौधरी ने अपने पति वीर साहू के खिलाफ घरेलू हिंसा का मामला दर्ज करवाते हुए दिल्ली की द्वारका महिला अदालत का दरवाजा खटखटाया है। सपना ने आरोप लगाया है कि उनके पति ने कई बार उनके साथ मारपीट की और सार्वजनिक स्थानों पर भी हंगामा किया। मामले की सुनवाई के दौरान अदालत ने सपना को अंतरिम राहत देते हुए वीर साहू को अगली सुनवाई तक उनके संपर्क में आने और उनके पास जाने से रोक दिया है। कोर्ट के सामने वीडियो, ऑडियो व अन्य सबूत पेश किए गए तो कोर्ट ने राहत दी है। किस बात को लेकर शुरू हुआ विवाद्र विवाद तब सामने आया जब सपना चौधरी ने अदालत में याचिका दाखिल कर बताया कि वैवाहिक जीवन के दौरान उनके साथ कई बार कथित रूप से हिंसा की गई। उन्होंने यह भी कहा कि हालात इतने खराब हो गए थे कि उन्हें अपना घर छोड़ना पड़ा। इसके बाद उन्होंने पति के खिलाफ घरेलू हिंसा अधिनियम के तहत शिकायत दर्ज करवाई। सपना ने अदालत को बताया कि उन्हें अपनी व्यक्तिगत सुरक्षा को लेकर आशंका है और उनके पेशेवर कामकाज में भी बाधा उत्पन्न हो सकती है। फिल्म रिलीज से पहले मांगी सुरक्षा सपना चौधरी की ओर से वकील प्रीति सिंह ने अदालत में दलील दी कि उनकी फिल्म ‘मोमाकू' का प्रीमियर निकट है और ऐसे समय में उन्हें सुरक्षा की आवश्यकता है। याचिका में कहा गया कि यदि तत्काल राहत नहीं दी गई तो सपना की सुरक्षा, गरिमा और पेशेवर प्रतिबद्धताओं पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। आशंका जताई गई है कि वीर साहू प्रीमियर के दौरान मौके पर पहुंचकर हंगामा कर सकते हैं । अदालत ने वीर साहू पर लगाई रोक न्यायिक मजिस्ट्रेट निधि सिंह ने मामले की प्रारंभिक सुनवाई के दौरान सपना द्वारा दाखिल याचिका, शपथ पत्र, कथित चोटों की तस्वीरें और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों पर विचार किया। अदालत ने प्रथम दृष्टया पर्याप्त आधार पाते हुए समन जारी किया और अंतरिम राहत प्रदान की। अदालत ने अपने आदेश में कहा कि अगली सुनवाई तक प्रतिवादी वीर साहू किसी भी तरीके से सपना चौधरी के पास नहीं जाएंगे, उनसे संपर्क नहीं करेंगे और न ही उनके घर या कार्यस्थल पर पहुंचेंगे। साथ ही उन्हें किसी भी प्रकार की घरेलू हिंसा करने से भी रोका गया है। पुलिस और प्रोटेक्शन ऑफिसर को दिए निर्देश अदालत ने संबंधित प्रोटेक्शन ऑफिसर और स्थानीय थाना प्रभारी (SHO) को निर्देश दिए हैं कि वे अदालत के आदेशों का पालन सुनिश्चित करें और जरूरत पड़ने पर सपना चौधरी को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराएं। वहीं सपना चौधरी ने अपनी ससुराल को छोड़ रखा है और वह इन दिनों अपने मायके नजफगढ़ में रह रही हैं। 25 जुलाई को होगी अगली सुनवाईमामले की अगली सुनवाई 25 जुलाई को निर्धारित की गई है। अदालत उसी दिन दोनों पक्षों की दलीलों और मामले में आगे की कार्रवाई पर विचार करेगी। 2020 में हुई थी शादी सपना चौधरी और वीर साहू ने वर्ष 2020 में कोर्ट मैरिज की थी। दोनों करीब चार वर्षों तक एक-दूसरे को डेट करने के बाद विवाह बंधन में बंधे थे। इस दंपति के दो बेटे हैं। बड़े बेटे पोरस का जन्म 2020 में हुआ था, जबकि दूसरे बेटे शाहबीर का जन्म 2024 में हुआ। मनोरंजन जगत में बड़ा नाम हैं सपना चौधरी सपना चौधरी हरियाणवी संगीत और मनोरंजन जगत का बड़ा नाम हैं। वह रियलिटी शो बिग बॉस 11 के अलावा कई अन्य टीवी कार्यक्रमों में भी नजर आ चुकी हैं। हाल के वर्षों में उन्होंने अभिनय और फिल्मों की दुनिया में भी अपनी पहचान बनाई है।
गाजियाबाद में साहिबााबाद में आज तड़के फर्नीचर के गोदाम में भीषण आग लग गई। आग की लपटें 2 किमी दूर से दिखाई दीं। जिसके बाद फायर ब्रिगेड की 5 गाड़ियां मौके पर भेजी गईं। इस दौरान गोदाम का टीनशेड गिरा तो दमकल के जवान बाल बाल बचे। करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। सीएफओ राहुल पाल का कहना है कि आग के कारणों की जांच की जा रही है। फर्नीचर में तेजी से फैली आग सीएफओ राहुल पाल ने बताया कि साइट-4, साहिबाबाद स्थित फर्नीचर गोदाम में आग लग गई है। सूचना मिलते ही फायर टेंडरों के साथ तत्काल घटनास्थल के लिए रवाना हुए। मौके पर पहुंचकर पाया गया कि प्लॉट 534 -C, साहिबाबाद स्थित एसएस फनीर्चर सोफा होम में भीषण आग लगी थी। यहां सोफे बनाने का कार्य किया जाता था।आग को देखते हुए फायर स्टेशन वैशाली से 2 वाटर ब्राउज़र को घटनास्थल पर बुलाया गया। फायर सर्विस कर्मियों द्वारा आग को चारों ओर से घेरकर बुझाना शुरु किया गया। टीनशेड गिरा तो बुल्डोजर बुलाया गया आग इतनी भीषण थी कि धुएं का गुब्बार फैल गया और 2 किमी दूर से आग की लपटें दिखाई देने लगीं। आग से फैक्ट्री का टिन शेड गिर गया, जिससे आग बुझाते समय जवान बाल बाल बचे। आग पर नियंत्रण पाने हेतु मौके पर JCB मशीन बुलाई गई, जिसके द्वारा टिन शेड को हटाकर आग बुझाने का काम किया। आग से पास में स्थित आवासीय भवनों को क्षतिग्रस्त होने से बचा लिया गया, नहीं तो यह एक बड़ी घटना का रूप ले सकती थी। जांच में आया है कि शार्ट सर्किट से आग लगी है। जहां फायर की टीम ने रात में गोदाम मालिक मोहम्मद सादुल को बताया। आग से हुंडई की वेन्यू कार, बाइक और फर्नीचर जल गया।
फतेहाबाद शहर की सब्जी मंडी के सामने स्थित बुधवार सुबह शटरिंग की दुकान में आग लग गई। इससे काफी संख्या में रखे बांस, पॉलीथीन व अन्य सामान जल गया। सूचना पाकर डेरा सच्चा सौदा के सेवादार मौके पर पहुंचे और वहां रखे लकड़ी के सामान को जल्दी-जल्दी बाहर निकालना शुरू किया। साथ ही फायर ब्रिगेड की गाड़ी लेकर आए कर्मचारियों ने आग बुझाने का काम शुरू किया। करीब दो घंटे बाद आग पर काबू पा लिया गया। मगर पॉलीथीन होने के कारण थोड़ी-थोड़ी देर में आग सुलगती रही और धुआं उठता रहा। सुबह करीब 7 बजे लगी मिली आग जानकारी के अनुसार, डीएसपी रोड निवासी जयप्रकाश की ओम टिंबर के नाम से सब्जी मंडी के सामने दुकान है। इसमें शटरिंग से संबंधित सामान बांस, सीढ़ियां, पॉलीथीन रखा हुआ था। सुबह करीब 7 बजे दुकान पर आए तो पीछे की तरफ आग लगी हुई थी। इसके बाद फायर ब्रिगेड को सूचना दी। सूचना पाकर फायर ब्रिगेड की एक के बाद एक चार गाड़ियां आई। इसके बाद तत्काल आग बुझाने का कार्य शुरू कर दिया गया। वहीं पुलिस प्रशासन भी तुरंत घटनास्थल पर पहुंच गया। एसएचओ सुरेंद्र कुमार ने पुलिस बल के साथ मोर्चा संभालते हुए स्थिति पर नजर रखी और आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की। आग के कारणों का नहीं लगा पतादुकान मालिक के अनुसार आग लगने के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है। उन्होंने बताया कि रातभर तेज आंधी चल रही थी। ऐसे में आग किस कारण से लगी, यह जांच का विषय है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। आग की घटना में दुकान में रखा लाखों रुपये का सामान जल गया।
पांचवें पातशाह श्री गुरु अर्जन देव जी के शहीदी दिवस के अवसर पर आज शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी यानी एसजीपीसी की अगुवाई में श्रद्धालुओं का एक विशेष जत्था पाकिस्तान स्थित ऐतिहासिक गुरुधामों के दर्शन के लिए रवाना हुआ। अटारी-वाघा सीमा पर श्रद्धालुओं में भारी उत्साह देखने को मिला। “बोले सो निहाल, सत श्री अकाल” के जयकारों के बीच श्रद्धालुओं ने अपनी यात्रा की शुरुआत की। जानकारी के मुताबिक, कुल 561 श्रद्धालुओं के पासपोर्ट वीजा के लिए भेजे गए थे, जिनमें से 541 श्रद्धालुओं को पाकिस्तान हाई कमीशन द्वारा वीजा जारी किया गया। वहीं 20 श्रद्धालुओं की वीजा अर्जी स्वीकृत नहीं हो सकी। 18 जून को पाकिस्तान में होंगे गुरु अर्जन देव जी के शहीदी समागम धर्म प्रचार कमेटी के सचिव गुरिंदर सिंह मथरेवाल ने बताया कि पाकिस्तान में 18 जून को श्री गुरु अर्जन देव जी के शहीदी दिवस से संबंधित मुख्य धार्मिक समागम आयोजित किए जाएंगे। जत्था विभिन्न ऐतिहासिक गुरुद्वारों के दर्शन करने के बाद इन समागमों में शामिल होगा और 19 जून को भारत वापस लौटेगा। इस जत्थे की अगुवाई एसजीपीसी सदस्य भूपिंदर सिंह भलवान कर रहे हैं, जबकि गुरमीत सिंह बाहू को उप-आगू नियुक्त किया गया है। यात्रा के दौरान श्रद्धालु गुरुद्वारा जन्म स्थान ननकाना साहिब, गुरुद्वारा पंजा साहिब, गुरुद्वारा करतारपुर साहिब सहित कई ऐतिहासिक गुरुधामों में माथा टेकेंगे और धार्मिक समागमों में हिस्सा लेंगे। परिवार बेहद उत्साहित श्रद्धालुओं ने अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि इन पवित्र स्थलों के दर्शन करना उनके जीवन का एक बड़ा सपना था, जो अब पूरा होने जा रहा है। मोगा के श्रद्धालु मेजर सिंह ने बताया कि वह पहली बार इस यात्रा पर जा रहे हैं और उनका पूरा परिवार इसे लेकर बेहद उत्साहित है। वहीं, प्रसिद्ध लेखक और समाजसेवी लखविंदर सिंह लखा सलेमपुरी ने कहा कि वर्षों से जिन गुरुधामों के दर्शन की अरदास करते आ रहे थे, आज वह अवसर प्राप्त हुआ है।
मेरठ में जून की भीषण गर्मी ने लोगों का जनजीवन प्रभावित कर दिया है। बीते दिन जिले का अधिकतम तापमान 43.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 28.4 डिग्री सेल्सियस रहा। इसी केसाथ आज भी तापमान ऐसा ही बना रहने की संभावना है। सुबह से ही निकली तेज धूप, गर्म हवाओं और बढ़ी उमस ने लोगों को बेहाल कर दिया। दोपहर के समय सड़कों और बाजारों में सन्नाटा पसरा दिखाई देता है और लोग घरों में रहने को मजबूर दिखाई दे रहे हैं। गर्मी के साथ-साथ वायु गुणवत्ता भी चिंता का विषय बनी रही। शहर का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 273 दर्ज किया गया, जो खराब श्रेणी में आता है। विशेषज्ञों के अनुसार इस स्तर की हवा बच्चों, बुजुर्गों और सांस संबंधी बीमारियों से पीड़ित लोगों के लिए नुकसानदायक हो सकती है। बारिश के बाद बढ़ी उमस ने गर्मी का असर और अधिक बढ़ा दिया है। बाहर निकलते ही लोगों को पसीने और तपिश का सामना करना पड़ रहा है। रात में भी तापमान अधिक रहने के कारण लोगों को राहत नहीं मिल रही है। सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के मौसम वैज्ञानिक डॉ. यूपी शाही ने बताया कि फिलहाल गर्मी से राहत मिलने के संकेत नहीं हैं। आने वाले दिनों में तापमान में और बढ़ोतरी हो सकती है। उन्होंने लोगों को पर्याप्त मात्रा में पानी पीने, धूप में निकलने से बचने और दोपहर के समय अनावश्यक रूप से बाहर न जाने की सलाह दी है।भीषण गर्मी का असर केवल इंसानों पर ही नहीं बल्कि पशु-पक्षियों पर भी देखने को मिल रहा है। जल स्रोतों और तालाबों के आसपास उनकी आवाजाही बढ़ गई है। पक्षी पानी की तलाश में भटक रहे हैं, जबकि पशु छायादार स्थानों में शरण लेते नजर आ रहे हैं। प्रशासन और सामाजिक संगठनों ने लोगों से सार्वजनिक स्थानों पर पक्षियों के लिए पानी रखने की अपील की है।
धौलपुर जिले में अवैध खनन के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत सदर थाना पुलिस और डीएसटी टीम ने बड़ी कार्रवाई की है। विश्नोदा पहाड़ खनन क्षेत्र में हुई इस संयुक्त कार्रवाई में 1 जेसीबी मशीन और 3 ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्त की गई हैं। यह कार्रवाई डीएसटी टीम प्रभारी प्रेम सिंह और सदर थाने के एएसआई अशोक सिकरवार के नेतृत्व में की गई। पुलिस टीम ने विश्नोदा पहाड़ क्षेत्र में दबिश दी, जहां जेसीबी की मदद से पहाड़ का दोहन कर पत्थरों को ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में भरा जा रहा था। पुलिस को देखते ही खनन माफिया मौके से फरार हो गए। पुलिस ने मौके से एक बिना नंबर की जेसीबी, एक बिना नंबर का सफेद आयशर ट्रैक्टर-ट्रॉली, एक बिना नंबर का स्वराज ट्रैक्टर-ट्रॉली और एक मैसी ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्त की। सभी ट्रॉलियों में खनिज पत्थर भरा हुआ पाया गया।इस संबंध में खनन माफियाओं के खिलाफ सदर थाने में अलग-अलग प्रकरण दर्ज किए गए हैं और उनकी तलाश शुरू कर दी गई है। पुलिस ने बताया कि जिले में अवैध खनन के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा और दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।
कोरबा जिले के सुदूर वनांचल क्षेत्र में ग्रामीण की जान चली गई। आरोप है कि लेमरू थाना क्षेत्र के लामपहाड़ मार्ग पर सड़क हादसे में घायल ग्रामीण करीब तीन घंटे तक तड़पता रहा और इलाज के अभाव में मौके पर ही दम तोड़ दिया। डायल-112 और एम्बुलेंस तीन घंटे की देरी से घटनास्थल पर पहुंची। यह घटना 8 जून की रात करीब 7 बजे की है। ग्राम अखराडाड निवासी ग्रामीण बाइक से लामपहाड़ मार्ग से गुजर रहा था, तभी वह सड़क हादसे का शिकार हो गया। सिर में गंभीर चोट लगने से वह मौके पर ही बेहोश हो गया। लगभग 7:30 बजे आसपास के ग्रामीणों को घटना की जानकारी मिली। एम्बुलेंस चालक नहीं मिलने से समय पर नहीं मिला इलाज घायल की गंभीर हालत देखकर ग्रामीणों ने उसे अस्पताल ले जाने की कोशिश की, लेकिन उसकी स्थिति ऐसी नहीं थी कि उसे बाइक पर बैठाया जा सके। एक ग्रामीण ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लेमरू के प्रभारी बीडी नायक से संपर्क किया। प्रभारी ने बताया कि 108 एम्बुलेंस का ड्राइवर माइकल अपने घर जा चुका है। डायल-112 की टीम तीन घंटे देरी से पहुंची, घायल ने तोड़ा दम इसके बाद डायल 112 को फोन किया गया। डायल- 112 की टीम तीन घंटे के लेट लामपहाड़ पहुंची। तब तक घायल ग्रामीण की मौत हो चुकी थी। शाम 7 बजे हुए हादसे के बाद रात करीब 10 बजे तक व्यवस्था जुटाने में समय निकल गया। स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि लेमरू में 108 एम्बुलेंस केवल दिन में चलती है। लेमरू में 24 घंटे एम्बुलेंस सेवा की मांग, रात में नहीं मिलती सुविधा उनका कहना है कि रात की शिफ्ट के लिए ड्राइवर उपलब्ध नहीं है, जिसके कारण रात में मरीजों को 108 की सुविधा नहीं मिल पाती। ग्रामीणों ने लेमरू में 108 एम्बुलेंस के लिए 24 घंटे ड्राइवर और ईएमटी (इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन) की व्यवस्था करने की मांग की है।
मधुबनी में भाई ने भाई पर चाकू से किया हमला:जमीनी विवाद में हुईं घटना, सदर अस्पताल में इलाज जारी
मधुबनी के राजनगर थाना क्षेत्र में मंगलवार देर रात जमीनी विवाद को लेकर एक भाई ने दूसरे भाई पर चाकू से हमला कर दिया। इस हमले में घायल युवक का इलाज सदर अस्पताल मधुबनी में चल रहा है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। जानकारी के अनुसार, राजनगर थाना क्षेत्र के दुर्गा स्थान स्थित अपनी नाश्ता दुकान बंद करने के बाद देवेंद्र दास मंगलवार रात करीब 11 बजे अपने घर रामपट्टी गोसाईं टोल लौट रहे थे। इसी दौरान रास्ते में उनके भाई अनिल कुमार ने उन पर अचानक चाकू से हमला कर दिया। हमले में देवेंद्र दास गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें इलाज के लिए सदर अस्पताल मधुबनी में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार जारी है। घायल देवेंद्र दास ने बुधवार सुबह करीब 7:30 बजे सदर अस्पताल में बताया कि वह रोज की तरह दुकान बंद कर घर लौट रहे थे। उन्होंने आरोप लगाया कि इसी दौरान उनके भाई अनिल कुमार ने उन पर चाकू से हमला किया, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आई हैं। देवेंद्र दास ने घटना में दोषी व्यक्ति के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की है। घटना की सूचना मिलने के बाद राजनगर थाना पुलिस सक्रिय हो गई है। राजनगर थाना अध्यक्ष सत्येंद्र कुमार ने बुधवार सुबह 7:30 बजे जानकारी दी कि मामले की सूचना प्राप्त हुई है और पुलिस द्वारा पूरे घटनाक्रम की जांच-पड़ताल की जा रही है। थाना प्रभारी ने बताया कि अभी तक पीड़ित पक्ष की ओर से कोई लिखित आवेदन थाना में प्राप्त नहीं हुआ है। आवेदन मिलने के बाद प्राथमिकी दर्ज कर विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने आश्वस्त किया कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। थानाध्यक्ष ने लोगों से कानून अपने हाथ में नहीं लेने तथा किसी भी विवाद की स्थिति में पुलिस को सूचना देने की अपील भी की।
भिंड जिले के लहार क्षेत्र से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां 26 वर्षीय एक मीटर रीडर ने 17 साल के एक नाबालिग किशोर से समलैंगिक शादी की। दोनों करीब दो महीने तक पति-पत्नी की तरह रहे, लेकिन 3 जून को नाबालिग का शव उसके घर में फंदे से लटकता मिला। मृतक के परिजनों ने मीटर रीडर पर प्रताड़ना, आत्महत्या के लिए उकसाने और अप्राकृतिक कृत्य (कुकृत्य) के गंभीर आरोप लगाए हैं। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के मुताबिक, 26 वर्षीय रवि जाटव बिजली कंपनी में मीटर रीडर है। करीब 4-5 महीने पहले इंस्टाग्राम पर उसकी पहचान 17 वर्षीय किशोर से हुई। किशोर को लड़कियों की तरह सज-धज कर रहना पसंद था। दोनों के बीच प्यार परवान चढ़ा। अप्रैल में दोनों वैष्णोदेवी गए और लौटते समय 28-29 अप्रैल को ग्वालियर के शीतला माता मंदिर में छुपकर शादी कर ली। जेंडर बदलवाने का था प्लानशादी के बाद दोनों हनीमून के लिए उन्नाव (यूपी) गए। रवि ने बताया कि वहां वे एक किन्नर गुरु से मिले। किन्नरों ने किशोर का जेंडर बदलवाने की बात कही और उसे वहीं छोड़ने को कहा, लेकिन किशोर ने खुद जेंडर बदलवाने की बात कहकर रवि के साथ वापस आना चुना। इसके बाद दोनों जेल रोड स्थित किशोर के घर में पति-पत्नी की तरह रहने लगे। विवाद के बाद फंदे पर मिला30 मई को रवि अपने माता-पिता के साथ गांव गया था। 1 जून को लौटने पर किशोर से उसका किसी बात पर विवाद हो गया। किशोर ने रवि का बैग देकर उसे वहां से जाने को कह दिया। इसके बाद से किशोर का मोबाइल बंद आने लगा। 3 जून को अनहोनी की आशंका होने पर रवि किशोर के घर पहुंचा और उसके छोटे भाई को बुलाकर कुंडी खुलवाई। अंदर कमरे में किशोर की 3 दिन पुरानी लाश दुपट्टे से फंदे पर लटकी मिली। परिजनों के गंभीर आरोपमृतक के 14 वर्षीय भाई का आरोप है कि रवि ने कमरे के अंदर पहुंचने से पहले ही बता दिया था कि भाई ने फांसी लगा ली है। साथ ही रवि पर मृतक के मोबाइल का डेटा डिलीट करने और सिम तोड़ने का भी आरोप है। परिजनों का कहना है कि उनके नाबालिग बेटे को बहला-फुसलाकर शादी की गई और उसके साथ गलत संबंध बनाए गए। उन्हें प्रताड़ना और हत्या किए जाने का संदेह है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजारलहार थाना प्रभारी शिवसिंह यादव ने बताया कि फिलहाल पुलिस ने आत्महत्या की धाराओं में एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम (PM) रिपोर्ट आने के बाद जांच तेज की जाएगी और परिजनों के आरोपों सहित सभी बिंदुओं पर बारीकी से विवेचना होगी।
समस्तीपुर के कर्पूरीग्राम थाने के विक्रमपुर वांदे गांव में पुलिस के समाने एक युवक को चाकू मार कर जख्मी कर दिया गया। पुलिस के सामने ही वारदात को अंजाम देने के बाद बदमाश घटनास्थल से फरार भी हो गया। बाद में पुलिस ने घायल युवक को सदर अस्पताल पहुंचाया। युवक के दोनों हाथों में 20 टांकें लगे हैं। घायल युवक की पहचान विक्रमपुर वांदे गांव के ही रहने वाले मोहम्मद सत्तार के बेटे मोहम्मद वकील के रूप में हुई है। उधर, घायल को अस्पताल में भर्ती कराने के बाद पुलिस ने वारदात में शामिल एक युवक को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार किए गए आरोपी की पहचान मोहम्मद सोनू के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी सोनू चाकू से हमला करने वाले बदमाश के साथ था। फरार आरोपी की पहचान मोहम्मद अंशु के रूप में हुई है, जो गिरफ्तार किए गए मोहम्मद सोनू का भाई है। घायल ने बताया- घर के पास गांजा पीता रहता था आरोपी घायल मोहम्मद वकील ने बताया कि मेरा पड़ोसी मोहम्मद सोनू घर के पास गांजा आदि पीता रहता है। गांजा पीने के दौरान उसके साथ आसपास के बदमाश भी घर के बाहर जमावड़ा लगाकर जुटे रहते हैं। इससे परेशान होकर मेरी बहन ने सोनू को गांजा पीने से मना किया था। घायल ने बताया कि मेरी बहन की ओर से मना किए जाने पर पड़ोसी मो. सोनू और उसके भाई मो. अंशु ने पहले मेरी बहन के साथ मारपीट कर दी। इस दौरान मौके पर मौजूद लोगों ने डायल 112 को सूचना दी। इस दौरान पुलिस मारपीट के आरोपी मो. सोनू को पकड़ कर अपने साथ ले जाने लगी। मो. वकील ने बताया कि मैं भी घटनास्थल पर था। इसी दौरान पीछे से सोनू का छोटा भाई मोहम्मद अंशु आया और उसने मेरी गर्दन पर चाकू से वार किया। लेकिन मैंने दोनों हाथों से चाकू पकड़ लिया। इसके बाद अंशु ने चाकू खींचा, जिससे मेरे हाथ कट गए, फिर अंशु ने चाकू से मेरे पेट पर वार किया। मैंने दोबारा चाकू को हाथों से पकड़ लिया। इसके बाद अंशु घटनास्थल से फरार हो गया। इसी दौरान घटनास्थल पर मौजूद पुलिस ने अंशु को पकड़ने की कोशिश की, लेकिन अंधेरा होने की वजह से अंशु फरार हो गया। इसके बाद पुलिस मुझे लेकर सदर अस्पताल पहुंची। डायल 112 के जमादार ने कहा- एक गिरफ्तार, फरार आरोपी की तलाश जारी कर्पूरीग्राम थाना के डायल 112 के जमादार अनुज कुमार ने बताया कि मारपीट की सूचना पर पुलिस टीम जब मौके पर पहुंची तो घायल के दोनों हाथ से खून निकल रहा था। चाकू से हमला करने वाला फरार हो गया, लेकिन मारपीट में शामिल मो. सोनू को पकड़ा गया है। जख्मी को पुलिस वाहन से अस्पताल लाया गया जहां उसका उपचार चल रहा है।
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी बुधवार को वाराणसी आएंगे। काशी के सांसद और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सबसे अधिक वर्षों तक प्रधानमंत्री रहने के पूर्व प्रधानमंत्री नेहरू के रिकार्ड को तोड़ दिया है। इस उपलक्ष्य में भाजपा द्वारा शिरकाशी विश्वनाथ धाम में आयोजित दीपोत्सव में पंकज चौधरी शाम 6 बजे शामिल होंगे।इसके पहले वो लहुराबीर स्थित काशी अनाथालय में अनाथ बच्चों से मिलेंगे और उन्हें वस्त्र वितरित करेंगे। महानगर अध्यक्ष प्रदीप अग्रहरि ने बताया कि प्रदेश अध्यक्ष शाम 4 बजे लहुराबीर स्थित काशी अनाथालय में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी बच्चों से मुलाकात करेंगे। शाम 6 बजे काशी विश्वनाथ पहुंचेंगे और दीपोत्सव की शुरुआत करेंगे। इसके बाद बाबा विश्वनाथ का विधिवत दर्शन पूजन भी करेंगे। भाजपा काशी क्षेत्र के अध्यक्ष दिलीप पटेल ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पंडित जवाहरलाल नेहरू के सर्वाधिक समय तक निर्वाचित प्रधानमंत्री रहने का रिकॉर्ड तोड़ा है। यह इतिहास में दर्ज हो गया है। भाजपा की जिला और महानगर इकाई आज कई स्थानों पर स्वच्छता अभियान चलाएगी। पदाधिकारी और कार्यकर्ता सेवा करेंगे। जनजागरण अभियान चलाएंगे। उन्होंने बताया काशी के सांसद ने सबसे लंबे समय तक प्रधानमंत्री रहने का रिकॉर्ड तोड़ा है । भाजपा अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रों, प्रमुख मंदिरों, घाटों और सार्वजनिक स्थलों पर स्वच्छता अभियान चलाएगी। सुबह से ही मंदिरों में दर्शन-पूजन किया जाएगा। प्रसाद वितरित किया जाएगा। अस्पतालों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों, वृद्धाश्रमों, अनाथालयों और सेवा संस्थानों में फल, दवा, वस्त्र, साबुन सहित आवश्यक सामग्री वितरित की जाएगी।
यूपी पुलिस सिपाही भर्ती परीक्षा के अंतिम दिन बुधवार को पहली पाली के लिए अभ्यर्थियों का 54 परीक्षा केंद्रों पर प्रवेश शुरू हो गया। परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। अभ्यर्थियों को कई स्तर की सघन जांच और तलाशी के बाद ही परीक्षा कक्ष में प्रवेश दिया जा रहा है। प्रवेश से पहले जमा कराया प्रतिबंधित सामान अर्मापुर स्थित पीजी कॉलेज परीक्षा केंद्र पर प्रवेश से पहले अभ्यर्थियों के कड़ा, चश्मा, बेल्ट समेत अन्य प्रतिबंधित सामान जमा कराए गए। जांच प्रक्रिया के चलते कई अभ्यर्थी हाथ में जूते लेकर लाइन में खड़े दिखाई दिए। केंद्र के बाहर लगी लंबी लाइनकेंद्रों के बाहर लंबी कतारें लगी रहीं और पुलिसकर्मी लगातार व्यवस्थाओं पर नजर बनाए रहे।परीक्षा केंद्रों पर किसी भी प्रकार की गड़बड़ी रोकने के लिए पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है। वहीं पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा लगातार केंद्रों का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया जा रहा है। दो पालियों में हो रही परीक्षाशहर के 54 परीक्षा केंद्रों पर 8 जून से यूपी पुलिस सिपाही भर्ती परीक्षा आयोजित की जा रही है। बुधवार को परीक्षा का अंतिम दिन है। पहली पाली की परीक्षा सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक और दूसरी पाली की परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक आयोजित की जाएगी। सीसीटीवी से की जा रही निगरानीप्रशासन का कहना है कि परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और नकलविहीन बनाने के लिए सभी केंद्रों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। सीसीटीवी कैमरों और उड़नदस्तों के माध्यम से भी परीक्षा प्रक्रिया पर नजर रखी जा रही है।
दिल्ली में खराब मौसम और प्रतिकूल उड़ान परिस्थितियों का असर मंगलवार रात एयरलाइन सर्विस पर साफ देखने को मिला। खराब मौसम के कारण दिल्ली जाने वाली कई उड़ानों को जयपुर डायवर्ट करना पड़ा, जबकि एक फ्लाइट को उड़ान भरने के बाद वापस जयपुर लौटना पड़ा। इस बीच दुबई से दिल्ली जा रही स्पाइसजेट की एक अंतरराष्ट्रीय उड़ान के पैसेंजर्स को उस समय भारी परेशानी का सामना करना पड़ा, जब ड्यूटी समय पूरा होने के कारण पायलट विमान छोड़कर रवाना हो गए और पैसेंजर्स को घंटों इंतजार करना पड़ा। दरअसल, स्पाइसजेट की फ्लाइट SG-5106 दुबई से दिल्ली जा रही थी। दिल्ली में खराब मौसम और लैंडिंग की प्रतिकूल परिस्थितियों के चलते विमान को जयपुर एयरपोर्ट डायवर्ट कर दिया गया। यह फ्लाइट रात करीब 8 बजे जयपुर एयरपोर्ट पहुंची। ड्यूटी टाइम पूरा होने पर पायलटों ने छोड़ा विमान जयपुर पहुंचने के बाद पैसेंजर्स को उम्मीद थी कि मौसम सामान्य होते ही फ्लाइट दिल्ली के लिए रवाना हो जाएगी, लेकिन इसी दौरान फ्लाइट क्रू का निर्धारित ड्यूटी समय पूरा हो गया। विमानन नियमों के तहत लागू फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन के कारण पायलटों ने आगे उड़ान संचालित करने से इनकार कर दिया और फ्लाइट छोड़कर चले गए। इसके बाद एयरलाइन स्टाफ ने पैसेंजर्स को फ्लाइट से उतारकर एयरपोर्ट के अराइवल हॉल में भेज दिया। अचानक बदली स्थिति से पैसेंजर्स में नाराजगी फैल गई और कई पैसेंजर्स ने एयरलाइन प्रबंधन के खिलाफ नाराजगी जताई। देर रात तक पैसेंजर्स एयरपोर्ट पर फंसे रहे और उन्हें आगे की यात्रा को लेकर स्पष्ट जानकारी का इंतजार करना पड़ा। अगरतला-दिल्ली फ्लाइट भी जयपुर उतरी दिल्ली में मौसम खराब होने के कारण केवल स्पाइसजेट की अंतरराष्ट्रीय उड़ान ही प्रभावित नहीं हुई, बल्कि इंडिगो की फ्लाइट 6E-6504 को भी जयपुर डायवर्ट करना पड़ा। यह विमान अगरतला से दिल्ली जा रहा था। दिल्ली एयरपोर्ट पर लैंडिंग की अनुमति नहीं मिलने के कारण विमान को जयपुर में उतारा गया। दोनों फ्लाइटों के जयपुर पहुंचने से एयरपोर्ट पर यात्रियों की संख्या अचानक बढ़ गई और एयरलाइन स्टाफ को अतिरिक्त व्यवस्थाएं करनी पड़ीं। जयपुर से दिल्ली जाने वाली फ्लाइट भी वापस लौटी खराब मौसम का असर जयपुर से दिल्ली जाने वाली उड़ानों पर भी पड़ा। अलायंस एयर की फ्लाइट 9I-834 जयपुर से दिल्ली के लिए रवाना होने वाली थी, लेकिन दिल्ली एयर ट्रैफिक कंट्रोल से क्लियरेंस नहीं मिलने के कारण विमान को रनवे से ही वापस लौटना पड़ा। पैसेंजर्स को फ्लाइट के टेकऑफ का इंतजार था, लेकिन मौसम संबंधी प्रतिबंधों के चलते उड़ान संचालित नहीं हो सकी। एयरलाइन अधिकारियों ने पैसेंजर्स को स्थिति की जानकारी दी और मौसम सामान्य होने का इंतजार करने को कहा।
सूरजपुर जिले में लगातार बढ़ रही चोरी की वारदातओं को लेकर कांग्रेस ने नाराजगी जताई है। कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने एसएसपी प्रशांत ठाकुर से मुलाकात कर जांच के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) के गठन की मांग की। प्रतिनिधिमंडल ने एसएसपी को एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें जिले में सक्रिय चोर गिरोहों को जल्द से जल्द पकड़ने की अपील की गई। कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ठोस कार्रवाई नहीं हुई, तो पार्टी सड़क पर उतरकर आंदोलन करने को मजबूर होगी। पूर्व जिला पंचायत उपाध्यक्ष नरेश राजवाड़े ने कहा कि पुलिस की कथित निष्क्रियता के कारण चोरों के हौसले बढ़े हैं और आम जनता असुरक्षित महसूस कर रही है। वहीं, पूर्व संसदीय सचिव पारस नाथ राजवाड़े ने एसआईटी बनाकर जल्द से जल्द गिरोह का पर्दाफाश करने की मांग की। वहीं, एसएसपी प्रशांत ठाकुर ने प्रतिनिधिमंडल को उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। चर्चित बांगों बांध हत्याकांड में आया फैसला जिले के चर्चित बांगों बांध हत्याकांड में प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश मानवेन्द्र सिंह ने अहम फैसला सुनाया है। न्यायालय ने हत्या के मुख्य आरोपी सुखसाय उर्फ गवटियां बरगाह को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। वहीं, साक्ष्य छुपाने में सहयोग करने वाले उसके पिता महाबीर बरगाह को 3 साल के सश्रम कारावास की सजा दी गई है। यह मामला 11 सितंबर 2021 का है, जब थाना प्रेमनगर पुलिस को बांगों बांध के डुबान छोटे छुरी में एक व्यक्ति का पैर पानी के ऊपर दिखने की सूचना मिली थी। पुलिस मौके पर पहुंची और शव को बाहर निकाला। मृतक के गले में रस्सी बंधी हुई थी। उसकी पहचान 22 वर्षीय सुरेन्द्र यादव, निवासी हनुमानगढ़, थाना रामानुजनगर के रूप में हुई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में डॉक्टरों ने मौत को हत्यात्मक बताया। जांच में खुला हत्या का राज इसके बाद थाना प्रेमनगर में अज्ञात के खिलाफ अपराध क्रमांक 85/21 के तहत धारा 302 और 201 भादवि में मामला दर्ज किया गया। विवेचना के दौरान खुलासा हुआ कि 5 सितंबर 2021 को मृतक सुरेन्द्र अपने जीजा सुखसाय के साथ विध्यांचल गया था। रात में सुरेन्द्र के पिता के मेडिकल दस्तावेज फाड़ने को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ। गुस्से में आकर सुखसाय ने लकड़ी की पराठी से सुरेन्द्र के सिर पर वार किया और बाद में रस्सी से गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी। शव और साइकिल बांध में फेंककर मिटाए साक्ष्य वारदात के बाद आरोपी ने शव को बोरे में भरकर साइकिल पर लादा और अपने पिता महाबीर के साथ छोटे छुरी बांध पहुंचा। वहां शव और साइकिल में पत्थर बांधकर दोनों को पानी में फेंक दिया, ताकि साक्ष्य नष्ट हो जाएं और पुलिस को घटना का पता न चल सके। पुख्ता साक्ष्यों के आधार पर सुनाया गया फैसला मामले की जांच कर एसआई निर्मल राजवाड़े ने पुख्ता साक्ष्य जुटाते हुए न्यायालय में आरोप पत्र प्रस्तुत किया। अभियोजन पक्ष की ओर से विशेष लोक अभियोजक रमेश सिंह कुशवाहा ने पैरवी की। हत्या और साक्ष्य मिटाने के अपराध में सजा न्यायालय ने सुखसाय को धारा 302 भादसं. के तहत आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही धारा 201/34 भादसं. के तहत 3 वर्ष के सश्रम कारावास और 200 रुपए के अर्थदंड से दंडित किया। वहीं महाबीर बरगाह को धारा 201/34 भादसं. के तहत 3 वर्ष के सश्रम कारावास और 100 रुपए के अर्थदंड की सजा सुनाई गई।
मध्य प्रदेश में राज्यसभा चुनाव के लिए कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द होने के बाद राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया
पूर्णिया में कार-बाइक की आमने-सामने टक्कर:दो भाई गंभीर घायल, अस्पताल में भर्ती; चालक मौके से फरार
पूर्णिया जिले के डगरूआ थाना क्षेत्र में मंगलवार देर रात एक सड़क दुर्घटना में दो सगे भाई गंभीर रूप से घायल हो गए। यह हादसा लाल बालू चौक, बरसोनी के पास एक मोटर साइकिल और झारखंड नंबर की कार के बीच आमने-सामने की टक्कर से हुआ। घायलों को पूर्णिया शहर के जीएमसीएच में भर्ती कराया गया है। घायलों की पहचान मोहम्मद मुंतशिर (35) और मोहम्मद मुस्तफिर (38) के रूप में हुई है। दोनों की हालत नाजुक बनी हुई है और उनका इलाज डॉक्टरों की निगरानी में जारी है। घायल भाइयों के चाचा नजरुल हसन ने बताया कि मुंतशिर और मुस्तफिर बरसोनी चौक से बाजार कर अपने घर चानभाटी भाटी, वार्ड नंबर 12, डगरूआ लौट रहे थे। इसी दौरान सामने से आ रही तेज रफ्तार लाल रंग की झारखंड नंबर कार ने उनकी मोटरसाइकिल को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि मोटरसाइकिल बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। दोनों भाई सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें एम्बुलेंस द्वारा पूर्णिया जीएमसीएच अस्पताल पहुंचाया गया। जांच में एक भाई की कमर की हड्डी और दूसरे के पैर की हड्डी टूटने की पुष्टि हुई है। दुर्घटना के बाद कार चालक मौके से फरार हो गया। हालांकि, टक्कर के कारण कार का बंपर घटनास्थल पर ही गिर गया, जिस पर गाड़ी का नंबर प्लेट लगा था। इससे पुलिस को कार मालिक की पहचान करने में मदद मिलने की उम्मीद है। डगरूआ थाना पुलिस ने बताया कि घटनास्थल से दुर्घटनाग्रस्त लाल रंग की हुंडई कार को जब्त कर थाने लाया गया है। इस मामले में प्राथमिकी दर्ज करने की प्रक्रिया जारी है।
शहर के चिमनबाग कबड्डी ग्राउंड पर आयोजित कबड्डी टूर्नामेंट के दौरान विवाद और मारपीट का मामला सामने आया है। आरोप है कि प्रतियोगिता से एक टीम को बाहर किए जाने से नाराज दो युवकों ने आयोजन समिति से जुड़े युवक के साथ अभद्रता करते हुए मारपीट कर दी। घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। एमजी रोड थाना पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के मुताबिक फरियादी यश टिकलिया (21) निवासी आदर्श बिजासन नगर परदेशीपुरा ने शिकायत दर्ज कराई कि वह अपने साथियों अनिकेत बांगर और ऋषभ मेहरा के साथ 9 जून रात करीब 12:15 बजे चिमनबाग कबड्डी ग्राउंड पर मौजूद था। इसी दौरान मयंक गौड़ और रोहन मेहरा वहां पहुंचे और संस्था वैष्णवी की टीम को टूर्नामेंट से बाहर किए जाने का कारण पूछने लगे। कारण पूछने से शुरू हुआ विवाद शिकायत के अनुसार इस बात को लेकर दोनों युवकों ने यश के साथ अभद्र भाषा में बात करना शुरू कर दिया। जब यश ने विरोध किया तो आरोपी और आक्रोशित हो गए तथा उसके साथ हाथ-मुक्कों से मारपीट कर दी। मौके पर मौजूद लोगों ने बीच-बचाव कर विवाद शांत कराया। घटना के बाद पीड़ित युवक ने एमजी रोड थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मयंक गौड़ और रोहन मेहरा के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 115(2), 296(बी), 351(2) और 3(5) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस ने बताया कि दूसरे पक्ष की ओर से भी शिकायत आवेदन मिला है। मामले की जांच की जा रही है।
विश्व प्रसिद्ध चित्तौड़गढ़ दुर्ग को आने वाले समय में नया रूप देने की तैयारी शुरू हो गई है। हिल फोर्ट परियोजना के तहत दुर्ग क्षेत्र में पर्यटकों के लिए सुविधाएं बढ़ाई जाएंगी। साफ-सफाई व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा, पेयजल और अन्य बुनियादी सुविधाओं का विस्तार होगा, आकर्षक रोशनी की व्यवस्था की जाएगी और यातायात प्रबंधन को बेहतर बनाया जाएगा। इसके साथ ही किले की ऐतिहासिक पहचान को प्रभावित करने वाले अवैध निर्माणों को हटाने की कार्रवाई भी की जाएगी। पर्यटकों को बेहतर अनुभव देने पर रहेगा फोकस विश्व धरोहर चित्तौड़गढ़ दुर्ग पर हर साल देश-विदेश से लाखों पर्यटक पहुंचते हैं। बढ़ती पर्यटक संख्या के साथ सुविधाओं और व्यवस्थाओं को लेकर चुनौतियां भी बढ़ी हैं। इसी को देखते हुए जिला प्रशासन ने दुर्ग क्षेत्र के समग्र विकास और संरक्षण की योजना तैयार की है। हिल फोर्ट परियोजना को लेकर हुई समीक्षा बैठक कलक्टर डॉ. मंजू की अध्यक्षता में हुई बैठक में हिल फोर्ट परियोजना के तहत विकसित की जाने वाली विभिन्न सुविधाओं पर चर्चा की गई। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि दुर्ग पर आने वाले पर्यटकों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए और सभी विभाग समन्वय के साथ काम करें। अवैध निर्माणों के खिलाफ होगी सख्त कार्रवाई जिला कलक्टर ने दुर्ग क्षेत्र में हुए अवैध निर्माणों पर भी सख्त रुख अपनाया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को ऐसे मामलों में एफआईआर दर्ज कराने और अवैध निर्माण हटाने के निर्देश दिए। साथ ही किले क्षेत्र में जहां-जहां अतिक्रमण या अवैध निर्माण हुए हैं, उनकी सूची तैयार कर नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा। विरासत संरक्षण और विकास साथ-साथ प्रशासन ने अधिकारियों को दुर्ग क्षेत्र की व्यवस्थाओं की नियमित निगरानी और समय-समय पर समीक्षा करने के निर्देश दिए हैं। प्रशासन का उद्देश्य चित्तौड़गढ़ दुर्ग को ऐसा पर्यटन स्थल बनाना है, जहां पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं मिलें और साथ ही इसकी ऐतिहासिक विरासत भी सुरक्षित बनी रहे।
धौलपुर के बसेड़ी क्षेत्र स्थित नोनेरा पृथ्वी सिंह गांव के पास पार्वती नदी के बीहड़ों में बने प्राचीन बाबू महाराज मंदिर से चोरों ने लगभग 150 पीतल के घंटे चुरा लिए। चोरी हुए घंटों की अनुमानित कीमत करीब 2 लाख रुपए बताई जा रही है। मंदिर के पुजारी पूरन गोस्वामी के अनुसार वे रात में मंदिर परिसर स्थित अपने कमरे में सोए थे। सुबह करीब 4 बजे जब वे पूजा और आरती के लिए मंदिर पहुंचे, तो उन्होंने देखा कि मंदिर में लगे पीतल के घंटे गायब थे। चोरी का पता चलते ही उन्होंने ग्रामीणों को इसकी सूचना दी। चोरों की तलाश जारीसूचना मिलने पर बड़ी संख्या में ग्रामीण मंदिर परिसर पहुंचे और चोरों की तलाश में आसपास के क्षेत्रों में छानबीन की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। मंदिर पार्वती नदी के बीहड़ों में एक सुनसान इलाके में स्थित है, जिससे चोरों को वारदात को अंजाम देने का मौका मिला। पुजारी ने बताया कि चोरी हुए घंटों में लगभग 50 किलोग्राम वजन का एक बड़ा घंटा भी शामिल है। इसके अलावा विभिन्न आकार के छोटे-बड़े पीतल के घंटे भी चुराए गए हैं। ये घंटे वर्षों से श्रद्धालुओं द्वारा मंदिर में चढ़ाए जाते रहे थे।घटना के बाद ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से जल्द से जल्द चोरी का खुलासा करने और आरोपियों को गिरफ्तार करने की मांग की है।
वाराणसी के लोहता थानाक्षेत्र के भिटारी गांव में 28 दिसंबर की सुबह राजेंद्र प्रसाद ने अपनी पत्नी आशा देवी की हत्या कर शव घर के आंगन में ही दफना दिया था। हत्या संपत्ति विवाद में की गई थी। इस मामले में राजेंद्रप्रसाद के बेटे ने ही तहरीर देकर पिता पर मुकदमा दर्ज कराया था और पुलिस ने तीन दिन बाद हत्या के बाद फरार राजेंद्र को गिरफ्तार किया था। कोर्ट ने इसे हीनियस क्राइम माना और अभियुक्तको उम्रकैद की सजा सुनाई। वहीं शव को दफनाने और सख्सी छुपाने के मामले में तीन साल की अतिरिक्त सजा सुनाई साथ ही 50 और 20 हजार का जुर्माना भी लगाया है। पांच साल पांच महीना पहले हुई थी वारदात रामविलास ने बताया - 28 दिसंबर 2020 की सुबह हम और छोटा भाई अमर घर के बाहर काम से गए हुए थे। अमर दोपहर में घर लौटा तो उसने पिता राजेंद्र से मां के बारे में पूछा तो पिता ने कहा सोनार की दुकान पर गयीं हैं। अभी कुछ देर में लौट आएंगी। शाम में मै जब घर पहुंचा तो मैंने भी मां के बारे में पूछा तो मुझे भी वही जवाब मिला। कुछ देर बाद मैंने देखा पिता आंगन में एक जगह मिटटी समतल कर रहा है। मैंने वजह पूछी तो बोला धूप सेकने के लिए जगह समतल कर रहा हूं। कमरे में पड़े खून के छीटों ने खोला राज रामविलास ने कोर्ट को बताया - इसके बाद मै कमरे में गया तो वहां कमरे पर खून के छींटे दिखाई दिए। तो मुझे शक हुआ और फिर उस जगह जगह जहां मिटटी नम थी वहां हम दोनों भाइयों ने खोदना शुरू किया तो। चार फिट नीचे मां का रक्तरंजित शव दफ़न था और ऊपर से नमक पड़ा हुआ था। यह देखकर पिता राजेंद्र मौके से फरार हो गया। हमने पुलिस को सूचना दी और मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया। तीन दिन बाद पकड़ा गया था राजेंद्र राजेंद्र को पुलिस ने तीन दिन बाद गिरफ्तार किया था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में आशा देवी के सिर और चेहरे पर 12 गंभीर चोटों के निशान थे जो लकड़ी और धारदार हथियार से किए गए थे। इसके बाद गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने विवेचना के बाद रिपोर्ट कोर्ट में पेश की थी। संपत्ति के लिए की थी हत्या राजेंद्र ने अपने दोनों बेटों को मौके पर ही बयान दिया था कि वह आशा देवी से उसकी संपत्ति अपने नाम करने का दबाव बना रहा था जिसपर वह इंकार कर रही थी। जिसके बाद उसकी हत्या कर दी। फिलहाल अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने उसे 9 जून 2026 को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। हत्या के दोषी को आजीवन कारावास, 70 हजार जुर्माना लोहता:वाराणसी। कमिश्नरेट पुलिस द्वारा चलाए जा रहे ऑपरेशन कन्विक्शन अभियान के तहत एक और बड़ी सफलता मिली है। थाना लोहता क्षेत्र में हुए हत्या के मामले में प्रभावी पैरवी के चलते माननीय न्यायालय ने आरोपी को कठोर सजा सुनाई है। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, कक्ष संख्या-14, वाराणसी ने मंगलवार, 09 जून 2026 को अभियुक्त राजेन्द्र प्रसाद को आजीवन कारावास और 70 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया। थाना लोहता में पंजीकृत मु0अ0सं0 0309/2020 धारा 302, 201 भादवि के तहत अभियुक्त राजेन्द्र प्रसाद पुत्र स्व. नखडू राम, निवासी ग्राम भिटारी, थाना लोहता पर हत्या कर साक्ष्य मिटाने का आरोप था। पुलिस की गुणवत्तापूर्ण विवेचना और कोर्ट में मजबूत पैरवी के बाद न्यायालय ने साक्ष्यों के आधार पर दोषी को सजा सुनाई। पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट वाराणसी श्री मोहित अग्रवाल के निरंतर निर्देशन और समीक्षा में चल रहे ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत यह कार्रवाई हुई। विवेचना और लोक अभियोजक के संयुक्त प्रयास से अपराधी को सजा दिलाने में सफलता मिली।इस अभियोग में अभियुक्त को सजा दिलाने में एडीजीसी क्रिमिनल श्री रोहित मौर्य, विवेचक निरीक्षक विश्वनाथ प्रताप सिंह, पैरोकार का0 रवीन्द्र कुमार सरोज थाना लोहता और कोर्ट मोहर्रिर का0 आशुतोष राय की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
रामपुर के आदर्श रामलीला मैदान में 26वां श्याम संकीर्तन कार्यक्रम भव्य रूप से आयोजित किया गया। मंगलवार रात से बुधवार सुबह तक चले इस धार्मिक आयोजन में 10 हजार से अधिक श्रद्धालु शामिल हुए। पूरे आयोजन स्थल पर भक्तिमय माहौल बना रहा। कार्यक्रम में देशभर से आए प्रसिद्ध भजन गायकों ने खाटू श्याम और राधा-कृष्ण के भजनों की शानदार प्रस्तुतियां दीं। भक्त पूरी रात भजनों पर झूमते रहे और भक्ति रस में डूबे रहे। देखें 5 तस्वीरें… मुख्य अतिथि पहुंचे विधायक आकाश सक्सेना नगर विधायक आकाश सक्सेना मुख्य अतिथि के रूप में कार्यक्रम में शामिल हुए। उन्होंने भगवान राधा-कृष्ण और खाटू श्याम के चित्रों पर पुष्प अर्पित कर पूजा-अर्चना की और कलाकारों का सम्मान किया। वे करीब दो घंटे तक कार्यक्रम में मौजूद रहे। संस्कृति और परंपरा पर दिया जोर विधायक ने कहा कि भारत अपनी संस्कृति और परंपराओं के लिए विश्वभर में जाना जाता है। ऐसे धार्मिक आयोजन समाज को जोड़ने का काम करते हैं और नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ते हैं। उन्होंने कहा कि भक्ति से मानसिक शांति मिलती है और ऐसे आयोजन समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं। सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम कार्यक्रम को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन द्वारा विशेष सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। मंगलवार रात 8 बजे से बुधवार सुबह 4 बजे तक पुलिस बल तैनात रहा, जिससे पूरा आयोजन सुरक्षित माहौल में संपन्न हुआ।
हरदा में युवाओं को रोजगार और कौशल प्रशिक्षण के बेहतर अवसर प्रदान करने के उद्देश्य से 11 जून को एक दिवसीय 'युवा संगम' रोजगार मेले का आयोजन किया जा रहा है। इसके साथ ही शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था (आईटीआई) हरदा में सुबह 10 बजे से 'प्रधानमंत्री नेशनल अप्रेंटिसशिप मेले' का भी आयोजन होगा, जिसमें युवाओं को मौके पर ही रोजगार से जुड़ने का अवसर मिलेगा। इस रोजगार मेले में मध्य प्रदेश मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड, हरदा भी प्रमुख रूप से भाग ले रही है। कंपनी द्वारा 'मुख्यमंत्री सीखो कमाओ योजना' और 'नेशनल अप्रेंटिसशिप प्रमोशन स्कीम' के तहत एक वर्षीय प्रशिक्षण कोर्स के लिए विभिन्न पदों पर युवाओं की भर्ती की जाएगी। चयन प्रक्रिया के लिए बिजली कंपनी के एचआर प्रतिनिधि मेले में ही आवेदकों का साक्षात्कार (इंटरव्यू) लेंगे। चयनित युवाओं को मिलेगा स्टाइपेंड और सरकारी प्रमाण पत्रसाक्षात्कार के माध्यम से चयनित होने वाले आवेदकों को एक साल के प्रशिक्षण के दौरान प्रतिमाह तय स्टाइपेंड (मानदेय) दिया जाएगा। प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा होने के बाद मध्य प्रदेश शासन की ओर से शासकीय प्रमाण पत्र भी प्रदान किया जाएगा, जो युवाओं के सुनहरे भविष्य और करियर के लिए बेहद उपयोगी साबित होगा। मेले में शामिल होने की पात्रता और जरूरी दस्तावेज आयु सीमा: इस 'युवा संगम' मेले में 18 से 29 वर्ष की आयु वर्ग के युवा भाग ले सकते हैं। पात्रता: आवेदक का मध्य प्रदेश का मूल निवासी होना अनिवार्य है। महिला और पुरुष दोनों इसमें शामिल हो सकते हैं। जरूरी दस्तावेज: रोजगार मेले में आने वाले सभी आवेदकों को अपने शैक्षणिक दस्तावेज (मार्कशीट आदि) और अपडेटेड बायोडाटा साथ लाना अनिवार्य है। यहां कर सकते हैं संपर्कमेले और भर्ती से जुड़ी अधिक जानकारी के लिए युवा सीधे शासकीय आईटीआई हरदा कार्यालय में संपर्क कर सकते हैं। इसके अलावा, जारी किए गए मोबाइल नंबर 9926534319 पर कॉल करके भी विस्तृत जानकारी प्राप्त की जा सकती है।
अवैध रेत भंडारण पर 80 हजार का जुर्माना:GPM में खनिज विभाग की कार्रवाई, दो अलग-अलग मामलों में एक्शन
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में अवैध रेत भंडारण के खिलाफ खनिज विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। विभाग ने दो अलग-अलग मामलों में कुल 80 हजार 520 रुपए का जुर्माना वसूला है। जिला खनिज उड़नदस्ता दल लगातार अवैध उत्खनन, परिवहन और भंडारण पर निगरानी रख रहा है। इसी क्रम में पीपरडोल स्थित एक स्वीकृत रेत भंडारण अनुज्ञा की शिकायत के आधार पर जांच की गई। भंडारण में अनियमितता पर कार्रवाई जांच में भंडारण क्षेत्र में अनियमितता और पर्यावरणीय शर्तों का उल्लंघन पाया गया। इसके बाद छत्तीसगढ़ खनिज (खनन, परिवहन और भंडारण) नियम, 2009 के नियम 15(3) के तहत सुरक्षा राशि के बराबर 50 हजार रुपए का अर्थदंड लगाया गया। बिना अनुमति रेत भंडारण पर कार्रवाई एक अन्य मामले में रूमगा-मासूलडांड क्षेत्र में प्रिंस केसरवानी की ओर से बिना अनुमति 30 घन मीटर रेत का भंडारण किया गया था। इस अवैध भंडारण पर 30 हजार 520 रुपए का अर्थदंड निर्धारित किया गया, जिसे संबंधित खनिज मद में जमा करा दिया गया है। दोनों मामलों में 80 हजार 520 रुपए की वसूली इस प्रकार दोनों मामलों में कुल 80 हजार 520 रुपए का जुर्माना वसूल किया गया है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध उत्खनन, परिवहन और भंडारण के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
सिरसा जिले के डबवाली रेलवे स्टेशन पर सरकारी कैश गबन चर्चित मामले में बीकानेर रेल मंडल ने टिकट बुकिंग क्लर्क यानी टीसी ज्योति शर्मा को तत्काल प्रभाव से सेवा से बर्खास्त कर दिया है। बीकानेर रेल मंडल के वरिष्ठ डीसीएम भूपेश यादव ने बर्खास्तगी आदेश की पुष्टि की है। विभागीय जांच में सामने आया कि ज्योति ने 18 और 19 अक्टूबर को रेलवे के सरकारी खजाने में 1 लाख 15 हजार 265 रुपए कम जमा किए थे। उन पर शेष रकम का गबन करने का आरोप था। अलमारी की डुप्लीकेट चाबी बनवा रखी थी। ज्योति मूलरूप से राजस्थान के हनुमानगढ की रहने वाली थी और यहां डबवाली रेलवे में कार्यरत थी। इसके खिलाफ राजस्थान रेलवे में भी विभागीय जांच चल रही है। इसे लेकर डबवाली रेलवे अधिकारियों से बातचीत की तो कुछ कहने से परहेज रखा। इसकी जांच के लिए मंडल स्तर पर विशेष जांच चल रही है। रिकवरी कराई जानी है। 7 महीने तक चली कानूनी प्रक्रिया दरअसल, यह मामला अक्टूबर 2025 में सामने आया था, तब से आरोपी क्लर्क ज्योति शर्मा निलंबित चल रही थी। लगभग सात महीने तक चली विभागीय और कानूनी प्रक्रिया के बाद रेलवे प्रशासन ने उन्हें सेवा से बर्खास्त करने का निर्णय लिया है। यह पूरा मामला 18 से 22 अक्टूबर 2025 के बीच का है। इसमें सरकारी कैश के गबन और चोरी के दो मुख्य आरोप लगे थे। शिकायत आते ही किया था निलंबित शिकायत मिलने के बाद 22 अक्टूबर को ज्योति शर्मा को निलंबित कर दिया गया था। इसके बाद मुख्य टिकट बुकिंग अधिकारी राजीव शर्मा ने जब चार्ज लेने की प्रक्रिया शुरू की, तो 21-22 अक्टूबर का 1,13,960 रुपए नकद अलमारी में रखा हुआ था। इस अलमारी की दोनों आधिकारिक चाबियां अधिकारियों के पास थी। चार्ज प्रक्रिया के दौरान जब अधिकारी कुछ समय के लिए स्टेशन मास्टर के पास गए, तो वापस आने पर कैश अलमारी का ताला खुला मिला और नकदी गायब थी। जांच में पता चला कि अलमारी की दोनों आधिकारिक चाबियां अधिकारियों के पास होने के बावजूद, मौके पर एक तीसरी चाबी का इस्तेमाल किया गया था। एसआईटी ने किया था गिरफ्तार मामले की गंभीरता को देखते हुए जीआरपी अंबाला के एसपी द्वारा गठित एसआईटी ने 6 जनवरी 2026 को ज्योति शर्मा को हनुमानगढ़ से गिरफ्तार किया था। पूछताछ के दौरान आरोपी ज्योति ने कथित तौर पर स्वीकार किया कि उसने अलमारी की एक डुप्लीकेट (तीसरी) चाबी बनवाई थी, जिसकी मदद से चोरी को अंजाम दिया गया। जांच में सामने आया कि गबन की गई राशि का कुछ हिस्सा ज्वेलरी खरीदने में खर्च किया गया था। जमानत के बाद अब बर्खास्तगी गिरफ्तारी के बाद आरोपी ज्योति कुछ समय जेल में रही। कोर्ट पेशी के दौरान ज्योति से बातचीत करने की कोशिश की तो कुछ नहीं कहा। बाद में उसे कोर्ट से जमानत पर रिहा हो गई। अब रेलवे प्रशासन ने प्रशासनिक कार्रवाई करते हुए ज्योति शर्मा को स्थायी रूप से सेवा से बर्खास्त कर दिया है। टीसी का पहले से विवादों से नाता महिला टीसी ज्योति शर्मा का विवादों से पुराना नाता रहा है। गत 31 मई 2023 को जंक्शन रेलवे स्टेशन पर टीसी ज्योति शर्मा पर अजमेर की छात्रा पूजा व उर्मिला ने थप्पड़ जड़ने के आरोप लगाए थे। इस विवाद को लेकर काफी हंगामा हुआ था, जिस पर व्यापारिक संगठनों ने भी आरोप लगाए थे। इस संबंध में उसके खिलाफ एससी-एसटी एक्ट का मुकदमा भी दर्ज हुआ था। इस घटनाक्रम के बाद स्थानांतरण मंडी डबवाली कर दिया गया था। जैडआरयूसीसी सदस्य ने रेलवे पुस्तिका में शिकायत दर्ज करवाई थी।
डीग जिले के पहाड़ी उपखंड स्थित कैथवाड़ा गांव में तेज आंधी के कारण एक मकान ढह गया। इस हादसे में मकान की चपेट में आने से 5 साल का बच्चा घायल हो गया। बच्चे को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है।पीड़ित परिवार के अनुसार दोपहर बाद अचानक मौसम बदल गया। तेज धूल भरी हवाओं के साथ बवंडर आया, जिससे मकान में दरारें पड़ने लगीं और चटकने की आवाजें आने लगीं। अनहोनी की आशंका को देखते हुए परिवार के सभी सदस्य आनन-फानन में मकान से बाहर निकल गए। उनके बाहर निकलते ही मकान भरभराकर गिर गया। इसी दौरान पांच वर्षीय बच्चा मलबे की चपेट में आ गया, जिससे उसके एक पैर में फ्रैक्चर हो गया। मुआवजे की मांगइस हादसे में घर का पूरा सामान, अनाज और अन्य जरूरी चीजें मलबे में दबकर नष्ट हो गईं। अनुमान है कि करीब डेढ़ लाख रुपए का नुकसान हुआ है। मकान पूरी तरह ध्वस्त होने के कारण पीड़ित परिवार अब खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर है।पीड़ित परिवार ने शासन-प्रशासन से आर्थिक मदद और मुआवजे की गुहार लगाई है। ग्रामीणों ने भी प्रशासन से प्रभावित परिवार को तत्काल राहत पहुंचाने की मांग की है।
अलवर शहर में मोटरसाइकिल चोरी की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। अलग-अलग थाना क्षेत्रों में दर्ज तीन मामलों ने पुलिस की चिंता बढ़ा दी है। सबसे हैरान करने वाला मामला शहर कोतवाली क्षेत्र का है, जहां बाइक चोरी की पूरी वारदात सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। शेखपुर निवासी समशेर 6 जून को ओएम स्किन केयर कॉस्मेटिक सेंटर के पास दवाई लेने गया था। उसने अपनी नई हीरो स्प्लेंडर प्लस बाइक बाहर खड़ी कर दी। इसी दौरान एक बाइक पर सवार होकर दो युवक मौके पर पहुंचे। सीसीटीवी में साफ दिखाई दे रहा है कि एक युवक बाइक से नीचे उतरा और इधर-उधर नजर दौड़ाकर महज 8 सेकेंड में बाइक का लॉक तोड़ गाड़ी लेकर फरार हो गया। बाइक चोर का चेहरा भी सीसीटीवी में एकदम क्लीयर दिखाई दे रहा है। वहीं दूसरा मामला रामनगर कॉलोनी निवासी रामसिंह का है, जिनकी घंटाघर से खड़ी हीरो होंडा सीडी डीलक्स बाइक करीब 6 महीने पहले चोरी हो गई थी। लंबे समय तक तलाश के बाद भी बाइक नहीं मिलने पर अब पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की है। तीसरी वारदात शिवाजी पार्क थाना क्षेत्र में हुई, जहां रायबका निवासी फुरसद खां की स्प्लेंडर प्लस बाइक हसन खां मेवात स्थित सी-88 के सामने से दिनदहाड़े चोरी हो गई। पुलिस ने इस मामले में भी मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। लगातार सामने आ रही बाइक चोरी की घटनाओं से आम लोगों में दहशत है, जबकि पुलिस तीनों मामलों में चोरों और चोरी हुए वाहनों की तलाश में जुटी हुई है।
जीवित व्यक्ति को सरकारी कागजों में मृत दर्शाया:राजगीर सुराजुदीन खुद को जिंदा साबित करने को भटक रहे
लखीमपुर के नकहा ब्लॉक की ग्राम पंचायत अंबुवापुर में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां प्रशासनिक लापरवाही के कारण एक जीवित व्यक्ति को परिवार रजिस्टर में मृत दर्ज कर दिया गया है। पीड़ित व्यक्ति अब खुद को जिंदा साबित करने के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर काट रहा है। यह मामला अंबुवापुर ग्राम पंचायत के मजरा शैलगांव निवासी सुराजुदीन से जुड़ा है, जो पेशे से राजगीर मिस्त्री हैं। सुराजुदीन अपनी बेटी का आधार कार्ड बनवाने के लिए आधार केंद्र गए थे। वहां परिवार रजिस्टर की नकल मांगी गई। जब उन्होंने ब्लॉक से परिवार रजिस्टर की प्रति निकलवाई, तो उन्हें यह जानकर गहरा सदमा लगा कि सरकारी अभिलेखों में उन्हें मृत दर्शाया गया है। सुराजुदीन ने बताया कि वह अपनी पत्नी हाशिमा, तीन बेटों चांद बाबू, उमर और शान मोहम्मद, और दो बेटियों गुलशाना तथा फूलबानो के साथ गांव में ही रह रहे हैं। इसके बावजूद, सरकारी दस्तावेजों में उन्हें मृत घोषित कर दिया गया है। सुराजुदीन ने इस मामले की शिकायत वर्तमान पंचायत सचिव सत्यबीर राणा से की। हालांकि, सचिव राणा ने इसे अपने कार्यकाल की गलती मानने से इनकार कर दिया। उनका कहना है कि यह त्रुटि उनके पूर्ववर्ती सचिव सीमा मिश्रा के कार्यकाल के दौरान हुई थी। इस संबंध में जिम्मेदार अधिकारियों द्वारा अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है, जिससे पीड़ित सुराजुदीन काफी परेशान हैं। न्याय न मिलने पर सुराजुदीन ने मुख्यमंत्री को एक शिकायती पत्र भेजा है। उन्होंने मामले की जांच कराने, दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने और परिवार रजिस्टर में अपना नाम सही कराने की मांग की है। यह पूरा प्रकरण प्रशासनिक अभिलेखों की शुद्धता और संबंधित अधिकारियों की कार्यशैली पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगाता है।
डूंगरपुर में भाजपा की जिला कार्यकारिणी की बैठक तीजवड़ स्थित जिला कार्यालय में जिलाध्यक्ष अशोक पटेल की अध्यक्षता में हुई। बैठक में संगठन को मजबूत करने, आगामी कार्यक्रमों और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 12 साल के कार्यकाल से जुड़े आयोजनों पर विस्तृत चर्चा की गई। जिलाध्यक्ष पटेल ने बताया कि पीएम मोदी देश के इतिहास में सबसे लंबे समय तक लगातार सेवा देने वाले प्रधानमंत्री के रूप में एक नया कीर्तिमान स्थापित कर रहे हैं। उनके 12 वर्षों के कार्यकाल को सुशासन, गरीब कल्याण, आधारभूत संरचना विकास और वैश्विक स्तर पर भारत की बढ़ती प्रतिष्ठा के लिए याद किया जाएगा। बैठक में कार्यक्रमों की रूपरेखा तय कीप्रधानमंत्री मोदी के सफल, स्वस्थ एवं दीर्घायु जीवन तथा देश की उन्नति और समृद्धि की कामना के लिए बुधवार सुबह जिलेभर के प्रमुख मंदिरों में भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा विशेष पूजा-अर्चना, आरती एवं प्रार्थना कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। बैठक में संगठनात्मक गतिविधियों की समीक्षा की गई और आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा तय की गई। कार्यकर्ताओं से प्रत्येक कार्यक्रम में सक्रिय एवं प्रभावी भूमिका निभाने का आह्वान किया गया। किसान कार्यशाला के लिए कल रवाना होंगे कार्यकर्ताप्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर 12 जून को जयपुर में आयोजित किसान कार्यशाला में भाग लेने के लिए जिले से बड़ी संख्या में किसान एवं कार्यकर्ता 11 जून को रवाना होंगे। इसके अलावा, 14 जून को डूंगरपुर जिला मुख्यालय पर प्रबुद्ध नागरिक सम्मेलन आयोजित किया जाएगा, जिसमें पूर्व मंत्री राजेंद्र सिंह राठौड़ मुख्य वक्ता के रूप में शामिल होंगे। वहीं, 15 जून को कृषि अनुसंधान केंद्र दोवड़ा में प्राकृतिक कृषि कार्यशाला का आयोजन होगा, जहां किसानों को प्राकृतिक खेती की आधुनिक एवं उपयोगी तकनीकों की जानकारी दी जाएगी। 21 जून को विश्व योग दिवस पर आयोजित कार्यक्रमों में सभी भाजपा कार्यकर्ताओं से सक्रिय भागीदारी करने का आह्वान किया गया है।
कटिहार में बिहार होमगार्ड क्लर्क भर्ती परीक्षा रविवार को कड़ी सुरक्षा के बीच आयोजित की जा रही है। जिले के 10 परीक्षा केंद्रों पर सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक यह परीक्षा होगी। प्रशासन ने शांतिपूर्ण और कदाचार मुक्त संचालन के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं। परीक्षा केंद्रों में अभ्यर्थियों को सुबह 8:30 बजे से 9:30 बजे तक ही प्रवेश दिया जाएगा। 9:30 बजे के बाद मुख्य द्वार बंद कर दिए जाएंगे। प्रवेश के लिए ई-एडमिट कार्ड, नीला बॉल पेन और एक वैध फोटो पहचान पत्र (जैसे आधार कार्ड, वोटर आईडी, ड्राइविंग लाइसेंस या पासपोर्ट) लाना अनिवार्य है। चेकिंग के बाद छात्रों को मिल रही एंट्री परीक्षा केंद्रों के अंदर मोबाइल फोन, ब्लूटूथ डिवाइस, स्मार्ट वॉच, कैलकुलेटर, पेन ड्राइव सहित किसी भी प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण ले जाने पर पूर्ण प्रतिबंध है। अभ्यर्थियों की गहन तलाशी के बाद ही उन्हें प्रवेश दिया जा रहा है। सभी केंद्रों पर जैमर और सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की व्यवस्था की गई है। परीक्षा शुरू होने से काफी पहले, सुबह 7 बजे से ही विभिन्न केंद्रों के मुख्य द्वारों पर अभ्यर्थियों की भीड़ जुटने लगी थी। कटिहार शहर के हरिशंकर नायक +2 उच्च विद्यालय परीक्षा केंद्र पर केंद्र अधीक्षक उदय शंकर सिंह ने खुद माइकिंग के जरिए अभ्यर्थियों को परीक्षा संबंधी दिशानिर्देश समझाए। उन्होंने सभी से शांतिपूर्वक कतार में लगकर तलाशी कराने और समय पर केंद्र में प्रवेश करने की अपील की। 10 केंद्रों पर पुलिस बल की तैनाती जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर सभी 10 केंद्रों पर दंडाधिकारी, पुलिस बल और महिला सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की गई है। उड़नदस्ता दल लगातार केंद्रों का निरीक्षण कर रहा है। यातायात व्यवस्था सुचारू बनाए रखने के लिए केंद्रों के बाहर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। पूरी परीक्षा प्रक्रिया की निगरानी कंट्रोल रूम से की जा रही है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नकल या कदाचार करते पकड़े जाने पर अभ्यर्थी के खिलाफ FIR दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही भविष्य की परीक्षाओं से भी वंचित किया जा सकता है। बिहार होमगार्ड मुख्यालय द्वारा आयोजित इस परीक्षा में कटिहार के करीब 5 हजार अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं।
शाजापुर में किसान की टापरी जलाई:नातरा विवाद में धमकी भरा पत्र मिला; 29 लाख की मांग
शाजापुर जिले के भदोनी गांव में नातरा प्रथा से जुड़ा गंभीर मामला सामने आया है। लालाखेड़ी रोड पर स्थित किसान बाबूलाल गुर्जर की खेत पर बनी टापरी में मंगलवार देर रात अज्ञात लोगों ने आग लगा दी। घटना में झोपड़ी पूरी तरह जलकर राख हो गई। बुधवार सुबह जब पीड़ित किसान बाबूलाल और उनके बेटे खेत पर पहुंचे, तो उन्होंने देखा कि टापरी पूरी तरह जल चुकी थी। आग से टापरी में रखा सारा सामान और पशुओं के लिए एकत्र किया गया घास-भूसा भी नष्ट हो गया। घटना के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है। टापरी के पास मिला 'समझौता पत्र' जली हुई टापरी के पास एक हस्तलिखित 'समझौता पत्र' मिला है, जिसने मामले को नया मोड़ दे दिया है। इस पत्र में भदोनी गांव के जितेंद्र प्रजापति (पिता प्रताप सिंह) की ओर से नातरा किए जाने का जिक्र है। पत्र में विवाह खर्च और 'झगड़ा राशि' के रूप में कुल 29 लाख रुपए की मांग की गई है। इसमें चेतावनी दी गई है कि यदि यह राशि नहीं दी गई, तो होने वाले किसी भी नुकसान की जिम्मेदारी संबंधित परिवार की होगी। पत्र के नीचे दो मोबाइल नंबर भी दर्ज हैं। घटना की जानकारी मिलते ही पीड़ित पक्ष ने स्थानीय पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आसपास के क्षेत्र में तनाव का माहौल बना हुआ है और पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
दुर्ग जिले में प्रस्तावित ईस्ट एंड वेस्ट डेडीकेटेड फ्रेट कॉरिडोर परियोजना को लेकर प्रशासन ने बड़ा फैसला लिया है। कलेक्टर अभिजीत सिंह ने जिले के 25 गांवों में जमीन की खरीदी-बिक्री, खाता विभाजन, नामांतरण और भूमि उपयोग परिवर्तन पर अगली सूचना तक अस्थायी प्रतिबंध लगा दिया है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है और अगले आदेश तक प्रभावी रहेगा। यह कॉरिडोर देश की महत्वपूर्ण रेल माल परिवहन परियोजनाओं में शामिल है। इसकी लंबाई लगभग 2100 से 2200 किलोमीटर प्रस्तावित है। यह पश्चिम बंगाल के दानकुनी से शुरू होकर झारखंड, ओडिशा, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र और गुजरात तक जाएगा। परियोजना से औद्योगिक और खनिज क्षेत्रों को बेहतर रेल कनेक्टिविटी मिलेगी। दुर्ग-भिलाई क्षेत्र के लिए यह परियोजना विशेष रूप से महत्वपूर्ण मानी जा रही है। इसके शुरू होने के बाद भिलाई स्टील प्लांट, सीमेंट उद्योगों, खनिज आधारित इकाइयों और लॉजिस्टिक्स सेक्टर को तेज, सुरक्षित और कम लागत में माल परिवहन की सुविधा मिल सकेगी। आवश्यक मामलों में कर सकेंगे आवेदन यह आदेश डेडीकेटेड फ्रेट कॉरिडोर कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (DFCCIL) की ओर से भेजे गए पत्र के आधार पर जारी किया गया है। प्रभावित गांवों में फिलहाल किसी भी प्रकार के भूमि संबंधी लेन-देन पर रोक रहेगी। हालांकि, यदि किसी व्यक्ति को अत्यावश्यक कारणों से जमीन संबंधी कार्य कराना है, तो वह कलेक्टर कार्यालय में आवेदन पेश कर सकता है। संबंधित विभागों और परियोजना एजेंसी से राय लेने के बाद प्रशासन मामले में निर्णय लेगा। प्रशासन ने पूर्व में जारी आदेश में संशोधन करते हुए प्रभावित गांवों की नई सूची भी जारी की है। संशोधित आदेश के अनुसार जिले की तीन तहसीलों के कुल 25 गांव इस प्रतिबंध के दायरे में रहेंगे। इन गांवों में लागू रहेगा प्रतिबंध दुर्ग तहसील:बिरेझर, चंगोरी, कोनारी, चंदखुरी, हनोदा, खम्हरिया, उमरपोटी, उतई और डुमरडीह। पाटन तहसील:परेवाडीह, पहंडोर, औंधी, मगरघटा, बेन्द्री, नारधी, महकाकला, महकाखुर्द, कुरूदडीह और बटंग। भिलाई-3 तहसील:सिरसाकला, परसदा (पाहंदा), सोमनी, गनियारी, देवबलोदा और उरला।
एमपी पॉवर जनरेटिंग कंपनी लिमिटेड ने बिजली उत्पादन और ग्रिड प्रबंधन के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है। कंपनी के सिंगाजी ताप विद्युत गृह की सभी उत्पादन इकाइयों में केंद्रीय विद्युत विनियामक आयोग (CERC) के नवीनतम निर्देशों के अनुरूप उन्नत डेविएशन सेटलमेंट मैकेनिज्म (DSM) सिस्टम सफलतापूर्वक कमीशन कर दिया गया है। नई प्रणाली के लागू होने से यह पावर प्लांट अब राष्ट्रीय ग्रिड की रियल-टाइम आवश्यकताओं के अनुसार अधिक सटीक, तेज और प्रभावी ढंग से काम कर सकेगा। मध्यप्रदेश पॉवर जनरेटिंग कंपनी लिमिटेड के प्रबंध संचालक मनजीत सिंह ने इस उपलब्धि को आधुनिक विद्युत उत्पादन के लिए बेहद महत्वपूर्ण बताया है। उन्होंने कहा कि सटीक पूर्वानुमान, स्मार्ट जनरेशन मैनेजमेंट और संसाधनों के प्रभावी उपयोग में इसकी भूमिका निर्णायक है। यह सिस्टम ग्रिड संतुलन को मजबूत करने के साथ ही कंपनी को भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप अधिक आधुनिक और तकनीक आधारित व्यवस्था विकसित करने में मदद करेगा। क्या है डेविएशन सेटलमेंट मैकेनिज्म (DSM)?डेविएशन सेटलमेंट मैकेनिज्म (DSM) एक नियामकीय व्यवस्था है, जिसे केंद्रीय विद्युत नियामक आयोग ने वर्ष 2024 में लागू किया था। लाइव मॉनिटरिंग से त्वरित निर्णय लेना हुआ आसानसिंगाजी ताप विद्युत गृह में स्थापित इस उन्नत सिस्टम के माध्यम से अब ग्रिड फ्रीक्वेंसी, घोषित क्षमता, शेड्यूल्ड जनरेशन और वास्तविक विद्युत उत्पादन की लाइव मॉनिटरिंग एक ही प्लेटफॉर्म पर की जा सकेगी। नियंत्रण कक्ष में लगी बड़ी डिस्प्ले स्क्रीन पर रियल-टाइम आंकड़े देखकर संचालन इंजीनियर तत्काल निर्णय ले सकेंगे। इससे उत्पादन को ग्रिड की मांग के अनुरूप समायोजित करने और संभावित विचलनों (Deviations) को कम रखने में मदद मिलेगी। नवीकरणीय ऊर्जा के दौर में बढ़ी DSM की अहमियतऊर्जा विशेषज्ञों के अनुसार, सौर और पवन जैसी नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों के बढ़ते उपयोग के कारण ग्रिड संचालन पहले की तुलना में काफी जटिल हो गया है। ऐसे में उन्नत DSM सिस्टम आधुनिक विद्युत गृहों के लिए एक अनिवार्य तकनीकी उपकरण बन गया है। इस तकनीक से ग्रिड की स्थिरता में सुधार, परिचालन दक्षता में वृद्धि और नियामकीय अनुपालन सुनिश्चित करने में बड़ी मदद मिलेगी।
अजमेर शहर ‘भास्कर समाधान’ पर लोग हर दिन अपने वार्ड और इलाके की बुनियादी समस्याएं पोस्ट कर रहे हैं। यूजर रियल टाइम में बता रहे हैं कि सरकारी विभाग आमजन की परेशानियों का समाधान नहीं कर रहा है। कहीं सीएम पोर्टल पर शिकायत के बाद भी समाधान नहीं हो रहा तो कहीं बिजली के ढीले तार की शिकायत पर विभाग सुध नहीं ले रहा। रोज मिल रहीं ऐसी सैकड़ों पोस्ट में सीवर, बिजली, पानी, सड़क, जलभराव और साफ–सफाई से जुड़ी समस्याएं सबसे ज्यादा हैं। हालांकि, भास्कर ‘समाधान’ के तहत जब इन समस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया, तब कुछ मामलों में विभागों ने कार्रवाई करते हुए लोगों की समस्या का समाधान भी किया है। ऐसी कुछ समस्याओं, लोगों की पोस्ट और उनके समाधानों पर एक नजर.. भास्कर एप पर समस्या पोस्ट करने लिए यहां क्लिक कीजिए... बिजली के ढीले तार, शॉट सर्किट का डर अजमेर शहर से दैनिक भास्कर एप के ‘भास्कर समाधान’ पर अम्बेडकर कॉलोनी, बाबूगढ़, गंज अजमेर से अफरोज बानो ने समस्या पोस्ट की है। उन्होंने बताया कि उनके यहां बिजली के तार ढीले हैं, हवा चलने पर तार हटने से बिजली अक्सर कट जाती है। बॉक्स पर कवर न होने से बारिश के दौरान पानी जाने से शॉट सर्किट का डर भी बना रहता है। टीपीएडीएल ने शिकायत के बावजूद अब तक कोई हल नहीं निकाला है। बेसहारा पशुओं से परेशान कॉलोनीवासी अजमेर शहर के चंद्र वरदाई नगर की सियाराम नगर कॉलोनी से विजय कुमार ओझा ने बेसहारा पशुओं की समस्या पोस्ट की है। उन्होंने बताया कि उनकी कॉलोनी में बेसहारा पशुओं की भरमार है। मिहलाओं, बच्चों–बुजुर्गों का राह चलना मुश्किल हो गया है। निगम को कई बार शिकायत की लेकिन कोई स्थायी समाधान अभी तक नहीं हुआ है। सीवरेज और नालियां जाम, रोज सफाई नहीं कल्याणीपुरा रोड से राकेश चौहान ने पोस्ट कर अपनी समस्या शेयर की है। उन्होंने बताया कि उनके एरिया दन्मल माथुर कॉलोनी, बवनी में सीवरेज कनेक्शन के दौरान काम करने वालों ने नालियों में मलबा और कचरा भर दिया जिससे वो जाम हो गई हैं। मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी शिकायत कर चुके लेकिन कोई समाधान नहीं मिल सका है। सप्लाई के समय पानी का प्रेशर नहीं, लोग परेशान अजमेर के लोहागल इलाके की सिंह भूमि कॉलोनी से अजय ने ‘भास्कर समाधान’ पर पानी से जुड़ी समस्या पोस्ट की है। उन्होंने लिखा कि उनकी कॉलोनी में पानी की सप्लाई का कोई नियमित समय नहीं है। जब पानी आता है तो उसका प्रेशर इतना कम होता है कि जरूरत भर का पानी भी नहीं भर पाते। इसका समाधान जल्द करवाया जाए। पोस्ट के बाद ठीक हुआ मेनहोल का ढक्कन अजमेर के बोराज रोड, लक्ष्मी मोहल्ला से दाउद खत्री ने ‘भास्कर समाधान’ पर मेनहोल की समस्या पोस्ट की थी। उन्होंने छोटी नागफानी चौराहा पार्किंग, बोराज रोड के मुख्य मार्ग के बीच में मेनहोल के टूटे ढक्कन की तस्वीर पोस्ट कर समाधान कराने की अपील की थी। पोस्ट के बाद समस्या का समाधान संबंधित विभाग ने कर दिया है। कॉलोनी में पानी की समस्या का हुआ समाधान दयानंद कॉलोनी के विनायक विहार एक्सटेंशन से डूंगर सिंह चौहान ने पीने के पानी की समस्या पोस्ट कर बताया कि उनकी कॉलोनी में तीन दिन बाद पानी की सप्लाई आती है। इससे पीने और घर की जरूरतों के लिए पूरा पानी नहीं मिल पाता है। पोस्ट होने के बाद संबंधित विभाग ने समस्या का समाधान करवा दिया। एईएन धर्मवीर सिंह बने आज ‘स्टार ऑफिसर’ अजमेर के वार्ड 3 के बी.के. कॉल नगर, विनायक विहार से डूंगर सिंह चौहान ने पोस्ट कर पानी की सप्लाई से जुड़ी समस्या बताई थी। उन्होंने लिखा था कि उनकी कॉलोनी में 72 घंटे के अंतराल से पानी आता है। कई बार शिकायत कर चुके लेकिन कोई समाधान नहीं हो पा रहा। एईएन धर्मवीर सिंह राव ने सप्लाई सुचारु कर समाधान करवा दिया है। पब्लिक की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं। ये खबरें भी पढ़िए… 1.अजमेर में 'भास्कर समाधान' पर उठी आवाज:पानी, सफाई और जलभराव की समस्याओं से जूझ रहे लोग, कई शिकायतों के बाद मिली राहत 2.‘भास्कर समाधान’, अधिकारी खुद सुलझा रहे समस्या:10 दिन से स्ट्रीट लाइट बंद, नालियां जाम, घर के आगे ठेले खडे़ कर रहे सफाई कर्मचारी, सड़क बनने का इंतजार 3.‘भास्कर समाधान’, सरकारी विभाग आए एक्शन में:अधिकारी खुद कर रहे मॉनिटरिंग, 4 महीने से स्ट्रीट लाइट खराब, सफाई नहीं हो रही, पुलिया के नीचे सड़क जर्जर
जोधपुर शहर से यूजर लगातार दैनि भास्कर एप के ‘भास्कर समाधान’ पर पोस्ट कर सीवर, बिजली, पानी, सड़क, जलभराव और साफ–सफाई से जुड़ी समस्याएं शेयर कर रहे हैं। इन पोस्ट के जरिये रियल टाइम लोकेशन के साथ संबंधित विभाग के अधिकारियों को यूजर की समस्याएं सीधे मिल रही हैं। जोधपुर से मिली एक पोस्ट में बताया कि उनकी कॉलोनी में तीन साल से पीने का पानी नहीं पहुंचा है, टैंकर से प्यास बुझा रहे हैं। ऐसे ही दूसरी पोस्ट में एक यूजर ने लिखा कि ठेकेदार की गलती से सीवर लाइन टूटी जिसका गंदा पानी कॉलोनियों में भर रहा है। हालांकि, भास्कर ‘समाधान’ के तहत जब इन समस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया, तब कई मामलों में विभागों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए लोगों की समस्या का समाधान भी किया है। ऐसी कुछ समस्याओं, लोगों की पोस्ट और उनके समाधानों पर एक नजर.. भास्कर एप पर समस्या पोस्ट करने लिए यहां क्लिक कीजिए... ठेकेदार ने तोड़ी सीवर लाइन, घरों में जा रहा पानी जोधपुर से दैनिक भास्कर एप के ‘भास्कर समाधान’ पर बालाजी नगर से नरपत सिंह बेंडा ने समस्या पोस्ट की है। उन्होंने पोस्ट में लिखा है कि गली में काम करने के दौरान ठेकेदार ने सीवर लाइन तोड़ दी है जिससे गंदा पानी आसपास के घरों में जा रहा है। इतना ही नहीं अब पानी अन्य कॉलोनी में भी जा रहा है। इसका जल्द समाधान करवाएं। तीन साल से 100 घरों में नहीं आ रहा पानी जोधपुर के तिरुपति नगर, नांदरी, बनार रोड से इंद्र सिंह ने पानी की समस्या पोस्ट की है। उन्होंने बताया कि बनार रोड खसरा नंबर 48/53 में बीते तीन साल से पीने का पानी नहीं है। सारण नगर के पीएचईडी विभाग में कई बार शिकायत कर चुके लेकिन स्थायी समाधान नहीं मिला। कॉलोनी के 100 घर टैंकर मंगवाकर प्यास बुझा रहे हैं। आंधी में गिरा बिजली का पोल नहीं लगाया शहर के चौपासनी स्थित हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी के सेक्टर 19 से पुखराज ने पोस्ट कर बिजली विभाग से जुड़ी समस्या पोस्ट की है। उन्होंने लिखा कि 30 मई को आए आंधी–तूफान में हमारे घर के आगे लगा बिजली का पोल भी गिर गया था। उसमें लाइट की सप्लाई भी चालू थी। बिजली विभाग को शिकायत कर चुके हैं लेकिन समाधान नहीं हुआ है। 15 दिन से सीवर का पानी कॉलोनी में बह रहा कायलाना सूरसागर रोड, सूर्य नगर से दिनेश लोढ़ा ने ‘भास्कर समाधान’ पर समस्या पोस्ट कर बताया कि बीते 15 दिनों से सीवर और नाले का गंदा पानी उनकी कॉलोनी में बह रहा है। सड़कों के किनारे जमने से यह सड़ रहा है और तेज बदबू मारता है। शिकायत करने के बावजूद विभाग इसकी सुनवाई नहीं कर रहा है। लोग बहुत परेशान हैं। मंदिर के पास पड़ा कचरा उठाया, पोस्ट भी किया जोधपुर से बाबूलाल ने समस्या पोस्ट की थी कि लक्ष्मण घाटी, सूर सागर स्थित बाबा रामदेव मंदिर के पास बस्ती के लोग कचरा डालते हैं। उन्होंने दैनिक भास्कर एप के ‘भास्कर समाधान’ के जरिये नगर निगम से अपील की थी कि बस्ती से रोज कचरा उठवाया जाए ताकि लोग वहां कचरा न डालें। पोस्ट के बाद वार्ड 2 के सफाई प्रभारी राजेश सारवान ने कचरा उठवाकर साफ–सफाई करवा दी है। सड़क पर चल रहा बिजली का काम हुआ पूरा जोधपुर के चौपड़ चौराहा से अरुण सोलंकी ने पोस्ट किया था कि सूर सागर बायपास से चौपड़ चौराहा तक बिजली की केबल डालने का काम चल रहा था। इस दौरान सड़क खोदी गई लेकिन मलबा नहीं हटाया गया। उनकी पोस्ट के बाद बिजली विभाग के अधिकारी ने काम पूरा करवाकर गड्ढा भरवा दिया है। पीयूष भारद्वाज आज बने ‘स्टार ऑफिसर’ सूर सागर बायपास से चौपड़ चौराहा तक बिजली की केबल डालने का काम चल रहा था। पोस्ट से शिकायत मली थी कि इसे जल्द पूरा कर गड्ढा भरवाया जाए। इस पर डिस्कॉम कॉल सेंटर, जोधपुर के टीम लीडर पीयूष भारद्वाज ने बिजली की केबल डालने का काम तय समय में पूरा करवाकर खोदी गई सड़क की समस्या का समाधान करवा दिया है। पब्लिक की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं। ये खबरें भी पढ़िए… 1. 5 दिनों से बंद बिजली आपूर्ति का हुआ समाधान:शिकायतों के बाद कुछ समस्याओं का हुआ समाधान, कुलदीप सिंह बने आज के 'पब्लिक के स्टार' 2. ‘भास्कर समाधान’, एक पोस्ट से मिल रहे हल:आंधी में गिरे बिजली के पोल अब तक नहीं लगाए, गंदे पानी से निकलने को मजबूर 3.‘भास्कर समाधान’, सरकारी विभाग आए एक्शन में:अधिकारी खुद कर रहे मॉनिटरिंग, 4 महीने से स्ट्रीट लाइट खराब, सफाई नहीं हो रही, पुलिया के नीचे सड़क जर्जर
उदयपुर। शहर की विभिन्न कॉलोनियों में बुनियादी सुविधाओं और सुरक्षा से जुड़ी समस्याओं को लेकर स्थानीय निवासियों ने एक बार फिर दैनिक भास्कर के 'समाधान' सेगमेंट पर अपनी आवाज उठाई है। जहां सूर्य नगर और ओल्ड आरटीओ रोड की यूआईटी कॉलोनी में टूटी और खुली नालियों के कारण हादसों का डर बना हुआ है, वहीं जनकपुरी और पार्थ कॉलोनी के लोग गंदगी और अंधेरे से परेशान हैं। राहत की बात यह है कि भास्कर समाधान पर समस्या पोस्ट होते ही संबंधित विभागों ने तत्परता दिखाई है। चित्रकूट नगर में बंद पड़ी स्ट्रीट लाइटें ठीक कर दी गई हैं, तो वहीं हिरण मगरी के सेक्टर 4 में खुले सीवर चैंबर को तुरंत बंद करवाकर लोगों को बड़ी राहत दी गई है। (आमजन से जुड़ी जनसमस्या और शहर की जमीनी हकीकत को पोस्ट करने के लिए यहां क्लिक करें।) सूर्य नगर कॉलोनी में खुला पड़ा चैंबरउदयपुर शहर के सूर्य नगर कॉलोनी के दिपेश नंदावत ने दैनिक भास्कर के समाधान सेगमेंट पर कॉलोनी में नाली का ढक्कन न होने की समस्या के बारे में पोस्ट किया है। जिसमें उन्होंने लिखा कि नालियों के ऊपर ढक्कन न होने के कारण लोगों को खतरा बना हुआ है। यूआईटी कॉलोनी से नाली की समस्या आई सामनेओल्ड आरटीओ रोड की यूआईटी कॉलोनी से प्रशांत दशिया ने टूटे हुए नाले और उसके आस-पास बनी स्थिति की समस्या पोस्ट की है। प्रशांत का कहना है कि 2 साल से नाले की दीवार और नाला दोनों टूटे हुए है। जिसके कारण ढलान से बच्चे अकसर गिर जाते है। खाली प्लॉट में पड़े खचरे से हो रही बदबूट्रांसपोर्ट नगर की जनकपुरी कॉलोनी से हरदीप सिंह ने खाली प्लॉट में पड़े खचरे के बारे में पोस्ट किया है। हरदीप ने बताया कि अलख नयन हॉस्पिटल के पास बेढ़वास क्षेत्र में काफी सारा कचरा पड़ा हुआ है। जिससे इलाके में बहुत गंदगी हो रही है। पार्थ कॉलोनी में रोड लाइट न होने से अंधेरासंतोष नगर के पार्थ कॉलोनी से लक्की ने गली नंबर 2 के शुरूआत में स्ट्रीट लाइट न होने के बारे में समाधान सेगमेंट पर पोस्ट किया है। गली में लाइट ने होने के कारण हर तरफ अंधेरा रहता है। वहां रहने वालों के लिए काफी असुविधा हो जाती है। लोगों ने रोड लाइट लगाने की मांग की है। चित्रकूट नगर में ठीक हुई स्ट्रीट लाइटचित्रकूट नगर 80 फीट रोड से करनवीर सिंह ने स्ट्रीट लाइट की समस्या दैनिक भास्कर के समाधान सेगमेंट पर पोस्ट की थी। जिसमें उन्होंने राम पार्क के पास लाइट न होने के बारे में लिखा था। समस्या पोस्ट होने के बाद संबंधित विभाग ने तुरंत कार्रवाई कर लाइट लगवा दी है। जिससे लोगों की अंधेरे की समस्या का समाधान हो गया है। सेक्टर 4 में सीवर चैंबर का ढक्कन हुआ ठीकउदयपुर के हिरण मगरी क्षेत्र के सेक्टर 4 से विष्णु पटेल ने दैनिक भास्कर के समाधान सेगमेंट में रोड पर सीवर चैंबर खुला होने की समस्या पोस्ट की थी। वैशाली आपार्टमेंट के पास मुख्य रोड पर सीवर चैंबर का ढक्कन खुला हुआ पड़ा था। जिससे दुर्घटना होने की बहुत संभावना थी, लेकिन समाधान सेगमेंट पर पोस्ट होते ही नगर निगम के जेईएन ने इसका समाधान करवा दिया है। जेईएन हिमांशु अग्रवाल बने आज के 'स्टार ऑफिसर'हिरण मगरी क्षेत्र के सेक्टर 4 से विष्णु पटेल की सीवर चैंबर की समस्या के समाधान में नगर निगम के जेईएन हिमांशु अग्रवाल ने अहम भूमिका निभाई है। उन्होंने निगम की टीम को भेजकर समाधान करवा दिया है। जिससे हिमांशु को आज का ‘स्टार ऑफिसर’ चुना गया है। आमजन की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं। भास्कर एप से समस्याओं के समाधान की ये खबरें भी पढ़िए… 1.उदयपुर में बिजली आपूर्ति की समस्या का हुआ समाधान:लोगों ने भास्कर समाधान पर उठाई आवाज, आशीष कुमावत बने आज के ‘पब्लिक के स्टार’ 2.उदयपुर में ‘भास्कर समाधान’ का असर:स्ट्रीट लाइट और झुका बिजली पोल हुआ ठीक; कुंभा नगर, बड़गांव, मीरा नगर में समस्याएं बरकरार 3.उदयपुर में 'भास्कर समाधान' का असर:ज्योति नगर और पत्रकार कॉलोनी की स्ट्रीट लाइटें दुरुस्त; सेक्टर-6, विक्रमचार्या नगर और पहाड़ा में समस्याओं से जनता परेशान 4.उदयपुर में कहीं अंधेरे से खतरा,कहीं सड़क-नालियों का संकट:जीएसटी विभाग के क्वार्टर्स में कचरा; भास्कर समाधान से मिली कई समस्याओं से राहत 5. भास्कर समाधान असर, एक पोस्ट से घर बैठे समाधान:कहीं नदी में मिल रहा गंदे नाले का पानी, कहीं टूटी सड़कें बनी मुसीबत, जेईएन शिवानी बनीं 'पब्लिक की स्टार' 6. राजस्थान के 5 और शहरों में 'भास्कर समाधान' लॉन्च:डिप्टी सीएम बैरवा, शिक्षा, कानून और वन मंत्री ने की शुरुआत, समस्या से समाधान तक ऑनलाइन 7. उदयपुर शहर में भास्कर समाधान का असर:खुला नाला और गंदे पानी से लोग परेशान, राजकुमार मावलिया बने आज के ‘पब्लिक के स्टार’
जयपुर के सुमेल में सुधरी बिजली:घाट गेट में नालियां साफ; मेयर कुसुम यादव बनीं 'पब्लिक की स्टार'
जयपुर। जनता की समस्याओं को प्रशासन तक पहुंचाने और उनका समाधान कराने के लिए दैनिक भास्कर का 'समाधान' सेगमेंट लगातार एक मजबूत जरिया बना हुआ है। गुलाबी नगरी के अलग-अलग इलाकों से इस बार भी स्थानीय निवासियों ने टूटी सड़कें, कचरा, गंदे पानी की सप्लाई और बंद स्ट्रीट लाइटों जैसी गंभीर जन-समस्याओं को प्रमुखता से उठाया है। जहां एक तरफ जगतपुरा, सोडाला और चार दरवाजा क्षेत्र में कई शिकायतों के बाद भी लोग बुनियादी सुविधाओं के लिए तरस रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ 'समाधान' सेगमेंट पर आवाज उठाने का बड़ा असर भी देखने को मिला है। सुमेल क्षेत्र में बिजली के हाई वोल्टेज की समस्या पर विभाग ने तुरंत एक्शन लिया, तो वहीं घाट गेट इलाके में नालियों की सफाई करवाकर निवर्तमान मेयर कुसुम यादव ने त्वरित राहत पहुंचाई है। जनहित में किए गए इस त्वरित कार्य के लिए कुसुम यादव को आज का 'पब्लिक का स्टार' चुना गया है। (आमजन से जुड़ी जनसमस्या और शहर की जमीनी हकीकत को पोस्ट करने के लिए यहां क्लिक करें।) कई शिकायतों के बाद भी रोड नहीं बनीजयपुर शहर के जगतपुरा इलाके से हरि नारायण शर्मा ने दैनिक भास्कर के समाधान सेगमेंट पर सड़क की समस्या के बारे में पोस्ट किया है। उन्होंने लिखा कि करलन का बाढ़ वीआईटी रोड की सड़कों की हालत काफी खराब है। रोड जैसी साधारण सुविधा की भी इस इलाके में कमी है। उनका कहना है कि इस मामले में पहले भी शिकायत की जा चुकी है, लेकिन प्रशासन की तरफ से कोई समाधान नहीं किया गया है। गंदी बदबू और कचरे की समस्यासोडाला के रहने वाले विक्की अग्रवाल ने भी समाधान सेगमेंट पर अपनी कचरे से संबंधित समस्या पोस्ट की है। विक्की ने बताया कि सुशीलपुरा में सड़क के किनारी काफी सारा कचरा पड़ा हुआ है। जिससे लोगों को गंदी बदबू झेलनी पड़ रही है। लोगों के घरों में आ रहा गंदा पानीजयपुर शहर के परकोटे में बसे चार दरवाजा मंडी खटीकन क्षेत्र से महेंद्र तंवर ने सड़क टूटी होने की शिकायत समाधान सेगमेंट पर पोस्ट की है। महेंद्र ने बताया कि 2 साल से रोड टूटी पड़ी है और रोड टूटने के कारण लोगों के घरों में गंदा पानी आ रहा है। जिससे लोगों को बीमारियों का डर बना रहता है। गौरव विहार की गली में अंधेरे की शिकायतसांगानेर क्षेत्र के बालाजी विहार रोड से मुकेश कुमार साहू ने स्ट्रीट लाइट की समस्या के बारे में समाधान सेगमेंट पर पोस्ट किया है। जिसमें उन्होंने लिखा है कि गौरव विहार रामपुरा रोड के सामने की रोड लाइट महीनों से बंद पड़ी है। जिसके कारण गली में अंधेरा बना हुआ है। बिजली की समस्या का हुआ समाधानसुमेल क्षेत्र के सरपंच कॉलोनी से नरेश सोनी ने दैनिक भास्कर के समाधान सेगमेंट पर बिजली से संबंधित शिकायत पोस्ट की थी। जिसमें नरेश ने बताया था कि अचानक से बिजली का वोल्टेज बढ़ने से घरों के कई सारे उपकरण खराब हो गए है। लोगों के घर में लगी लाइटें, फ्रिज, टी.वी खराब हो गए। समस्या पोस्ट होते ही बिजली विभाग ने तुरंत इस पर कार्रवाई कर समाधान करवा दिया है। जिससे लोगों को काफी राहत मिली है। कुछ ही दिनों में हुई नालियों की सफाईजयपुर शहर के घाट गेट इलाके के घी वालों के रास्ते से विरेंद्र कुमार अटल ने गली में बनी नालियों की गंदी स्थिति के बारे में पोस्ट किया था। जिसमें विरेंद्र ने लिखा था कि इस इलाके में नाली की सफाई नहीं होती है और होती भी है तो कचरा रोड पर ही छोड़ दिया जाता है। समस्या दैनिक भास्कर पर पोस्ट होते ही निवर्तमान मेयर ने साफ-सफाई करवा दी है। जिससे वहां रहने वाले लोगों की एक बड़ी समस्या खत्म हुई है। कुसुम यादव बनीं आज की 'पब्लिक का स्टार'घाट गेट इलाके के घी वालों के रास्ते से नालियों की गंदी स्थिति की समस्या सामने आई थी। जिसमें रोड पर भी नालियों का कचरा पड़ा होने की शिकायत लिखी थी। इस समस्या पर निवर्तमान मेयर कुसुम यादव ने कार्रवाई कर समाधान करवा दिया है। जिससे वहां रहने वाले लोगों को समाधान मिल गया है। आमजन की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं। भास्कर एप से समस्याओं के समाधान की ये खबरें भी पढ़िए… 1.भास्कर समाधान का असर, स्ट्रीट लाइट की समस्या हुई दूर:पानी, सड़क और सफाई की समस्याओं से जूझ रहे लोग, शिव कुमार बने आज के ‘पब्लिक के स्टार’ 2.जयपुर में ‘भास्कर समाधान’ की पहल का असर:आदर्श नगर की बंद स्ट्रीट लाइट और बुद्ध विहार की सफाई समस्या दूर; झोटवाड़ा, सांगानेर और जगतपुरा में लोग परेशान 3.जयपुर में 'भास्कर समाधान' से चमकी स्ट्रीट लाइटें:जनता की आवाज का असर; नगर निगम उपायुक्त मनीषा यादव बनीं ‘स्टार ऑफिसर’ 4.जयपुर में पहली बारिश ने खोली प्रशासन की पोल:खाली प्लॉटों में आवारा पशुओं का डेरा; XEN रूपाराम बने आज ‘स्टार ऑफिसर’ 5.जयपुर में खुले नाले, सीवर ओवरफ्लो से लोग परेशान:प्रशासन की अनदेखी से समस्याएं जस की तस, कई जगहों पर हुआ समाधान 6.मुरलीपुरा और मानसरोवर में सीवर की समस्या:कई क्षेत्रों में भास्कर की पहल से हुआ समाधान; XEN निधि जैन बनीं आज ‘पब्लिक की स्टार’ 7.भास्कर समाधान असर, एक पोस्ट से मिल रहा हल:सड़क और रोड लाइट की समस्याओं का हुआ समाधान; XEN प्रदीप शर्मा बने आज ‘पब्लिक के स्टार’ 8.भास्कर समाधान से सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं शिकायतें:खबर पोस्ट होते ही ले रहे एक्शन, ओम थानवी बने ‘पब्लिक के स्टार’ 9.भास्कर समाधान का असर: ओवरफ्लो सीवर लाइन से मिली राहत:कचरा नहीं उठने और पानी भरने से लोग परेशान; भास्कर की पोस्ट से हुआ समस्याओं का समाधान 10.जयपुर में सेवा सदन मार्ग से नहीं उठ रहा कचरा:रीको इंडस्ट्रीयल एरिया में सीवर ओवरफ्लो से बढ़ी परेशानी;रविन्द्र सिंह बने आज के ‘पब्लिक के स्टार’
सीकर शहर के विभिन्न क्षेत्रों से भास्कर समाधान पर एक बार फिर जनसुविधाओं से जुड़ी कई समस्याएं सामने आई हैं। शहर के अलग-अलग इलाकों में लोग मूलभूत सुविधाओं की कमी से जूझ रहे हैं। कहीं नालियों के बार-बार जाम होने से गंदा पानी सड़कों पर फैल रहा है, जिससे आवागमन प्रभावित हो रहा है और बीमारी फैलने का खतरा बढ़ रहा है। वहीं कुछ क्षेत्रों में पुराने और जर्जर बिजली के तार लोगों के लिए हादसे की आशंका पैदा कर रहे हैं। इसके अलावा गैस पाइपलाइन बिछाने के बाद सड़कों की मरम्मत नहीं होने से राहगीरों और वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई इलाकों में कचरा समय पर नहीं उठने और सफाई व्यवस्था कमजोर होने के कारण गंदगी का अंबार लगा हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बार-बार शिकायतों के बावजूद कई समस्याएं लंबे समय से बनी हुई हैं। हालांकि, कुछ मामलों में संबंधित विभागों ने कार्रवाई कर समस्याओं का समाधान भी किया है, जिससे क्षेत्रवासियों को राहत मिली है। (आमजन से जुड़ी जनसमस्या और शहर की जमीनी हकीकत को पोस्ट करने के लिए यहां क्लिक करें।) नाली जाम होने से सड़क पर फैल रहा गंदा पानीपीपराली रोड स्थित जलधारी नगर-जाट कॉलोनी से भगवान सिंह आर्य ने भास्कर समाधान पर शिकायत पोस्ट की है। उन्होंने बताया कि नाली चोक होने के कारण सड़क पर गंदा पानी फैल जाता है, जिससे राहगीरों और स्थानीय लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। उनका कहना है कि सफाई के दौरान निकाला गया कचरा भी समय पर नहीं उठाया जाता और क्षेत्र में पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था नहीं होने से रात में समस्या और बढ़ जाती है। पुराने बिजली के तार बने हादसे का खतरागांधी नगर क्षेत्र के पिंक हाउस रोड से मुकेश कुमार मोरड़िया ने बिजली व्यवस्था को लेकर शिकायत पोस्ट की है। उन्होंने बताया कि दोनों खंभों पर लगे तार काफी पुराने हो चुके हैं और हवा चलने पर आपस में उलझ जाते हैं। स्थानीय लोगों ने विभाग से पुराने तार हटाकर नई केबल लगाने की मांग की है, ताकि किसी संभावित दुर्घटना से बचा जा सके। गैस पाइपलाइन कार्य के बाद सड़क नहीं हुई दुरुस्ततिलक नगर स्थित अन्नपूर्णा रोड से जयप्रकाश सैनी ने शिकायत पोस्ट कर बताया कि करीब एक महीने पहले पीएनजी गैस पाइपलाइन डालने के लिए सड़क खोदी गई थी। पाइपलाइन का कार्य पूरा हुए कई दिन बीत चुके हैं, लेकिन सड़क की मरम्मत नहीं की गई। इससे राहगीरों और वाहन चालकों को आवागमन में परेशानी हो रही है। कचरे और गंदे पानी से लोगों की बढ़ी परेशानीफतेहपुर रोड क्षेत्र से मोहम्मद आसिफ ने सड़क किनारे फैली गंदगी और जमा पानी की समस्या उठाई है। उन्होंने बताया कि कई बार नगर परिषद को फोन करने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हुआ। सड़क किनारे कचरे के ढेर और गंदे पानी के कारण लोगों को दुर्गंध और संक्रमण का खतरा बना हुआ है। रेलवे अंडरपास में जलभराव की समस्या का हुआ समाधानशेखपुरा मोहल्ला क्षेत्र से सुभाष महाला ने रेलवे अंडरपास में जलभराव की शिकायत भास्कर समाधान पर पोस्ट की थी। उन्होंने बताया था कि बारिश के बाद करीब 48 घंटे तक अंडरपास में पानी भरा रहा, जिससे लोगों को आवागमन में भारी परेशानी हुई। शिकायत के बाद संबंधित विभाग ने कार्रवाई करते हुए पानी की निकासी करवाई और समस्या का समाधान कर दिया। इससे क्षेत्रवासियों को राहत मिली है। आवारा पशुओं की समस्या का हुआ समाधान देव नगर, जिला स्टेडियम के सामने से विजय धायल ने पोस्ट किया था कि उनके क्षेत्र में आवारा पशुओं की संख्या काफी बढ़ गई थी। पशु सड़कों पर घूमते रहते थे और कई बार आपस में लड़ाई भी करते थे, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को खतरा बना रहता था। स्थानीय लोगों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। शिकायत के बाद संबंधित विभाग ने कार्रवाई करते हुए क्षेत्र से आवारा पशुओं को हटवाया, जिससे लोगों को राहत मिली। आज के पब्लिक के स्टार : अमित शर्मादेव नगर, जिला स्टेडियम के सामने से विजय धायल ने पोस्ट किया था कि उनके क्षेत्र में आवारा पशुओं की संख्या काफी बढ़ गई थी। पशु सड़कों पर घूमते रहते थे और कई बार आपस में लड़ाई भी करते थे, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को खतरा बना रहता था। स्थानीय लोगों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इस समस्या के समाधान में AEN, अमित शर्मा ने अहम भूमिका निभाई। शिकायत सामने आने के बाद उन्होंने संबंधित विभाग से समन्वय कर कार्रवाई सुनिश्चित करवाई, जिसके बाद क्षेत्र से आवारा पशुओं को हटाया गया। समस्या के समाधान से स्थानीय लोगों को राहत मिली और आवागमन अधिक सुरक्षित हो सका। आमजन की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं। शहर में बदलाव का सकारात्मक प्रयास इस सेगमेंट को शुरू करने के पीछे भास्कर एप की सोच है कि आमजन और अधिकारियों के बीच सेतु का काम कर सकें। शहर के हर इलाके से आमजन की समस्याएं अधिकारियों तक पहुंचे, ये संभव नहीं है। ऐसे में दैनिक भास्कर एप के जरिए हर व्यक्ति अपनी छोटी-बड़ी समस्याएं पोस्ट कर सकता है। यदि सरकार और अधिकारी इसे सकारात्मक लेकर समाधान के लिए काम करेंगे तो शहर में बदलाव लाया जा सकता है। ये खबरें भी पढ़िए… 1.भास्कर समाधान का असर, पानी लीकेज की समस्या दुरस्त:सीकर में स्ट्रीट लाइट, खुली नाली और गंदगी की समस्याएं बनी चिंता का कारण 2.एक क्लिक पर हुआ सड़क की समस्या का समाधान:नालियों और सीवरेज की समस्याओं से लोग परेशान, JEN हरिराम बने आज के 'पब्लिक के स्टार' 3.भास्कर ‘समाधान’, एप पर शिकायत से प्रशासन हुआ अलर्ट:पानी, सफाई और आवारा पशुओं की समस्या से जूझ रहे लोग, कई शिकायतों का हुआ समाधान 4.सीकर में समाधान सेगमेंट का असर:कचरा गाड़ी और नाली की समस्या में सुधार, AEN अमित शर्मा बने आज के 'स्टार ऑफिसर' 5.सीकर में सड़क और सीवर समस्याओं से लोग परेशान:कई इलाकों में जलभराव, टूटी सड़कें और खुले चैंबर; AEN वाजिद अहमद बने स्टार ऑफिसर 6. भास्कर समाधान असर, एक पोस्ट से मिल रहा समाधान:बिजली, सीवरेज और टूटी सड़कों की समस्याओं से लोग परेशान, विवेक ओला बने आज 'पब्लिक के स्टार' 7.सीकर में भास्कर समाधान पर उठी जनता की आवाज:स्ट्रीट लाइट और जलापूर्ति की समस्या पर कार्रवाई, हरिराम बने आज के 'पब्लिक के स्टार'
लुधियाना के नीची मंगली इलाके से रिश्तों को शर्मसार कर देने वाला मामला सामने आया है। महज 4 महीने पहले जिस घर में शहनाइयां बजी थीं, वहां अब चीख-पुकार मच गई है। जहां सगी छोटी बहन (शांति) ने अपने ससुराल वालों और कुछ अन्य रिश्तेदारों के साथ मिलकर अपनी ही 1 महीने की गर्भवती बड़ी बहन पर जानलेवा हमला कर दिया। इस मारपीट का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें जबरदस्त लड़ाई साफ नजर आ रही है। खाना खा रही थी पीड़िता, तभी गेट तोड़कर टूट पड़े हमलावर फिरोजपुर की रहने वाली इस युवती की शादी 4 महीने पहले विकास नाम के युवक से हुई थी। विकास नट बोल्ट बनाने वाली कंपनी में मजदूरी करता है और सामान लोड करने का काम करता है। शादी के बाद दोनों नीची मंगली इलाके में फैक्ट्री में ही कमरा लेकर रह रहे थे। परसों ही पीड़िता अपने मायके से वापस लौटी थी। घटना के वक्त वह अपने कमरे में बैठकर शांति से खाना खा रही थी तभी अचानक उसकी छोटी बहन शांति (जो एक कंपनी में काम करती है), जीजा शेखर, धर्मिंदर और शांति के ससुराल वाले वहां आ पहुंचे । उन्होंने गेट खोला और बिना कुछ सोचे-समझे गर्भवती बहन पर टूट पड़े। विवाद की असली जड़: जबरन शादी का दबाव और पुराना क्लेश इस पूरी रंजिश के पीछे पुरानी बातें और शादी का विवाद सामने आ रहा है। पीड़िता की मां ने अपनी मर्जी से अपनी बड़ी बेटी की शादी विकास से करवा दी थी, जो लड़की की बहन और कुछ रिश्तेदारों को मंजूर नहीं था।बताया जा रहा है कि छोटी बहन शांति और अन्य रिश्तेदार बड़ी बहन की शादी धर्मिंदर नाम के शख्स से करवाना चाहते थे। (जो पहले ही तलाकशुदा था )और शांति का मामा लगता था । शादी के बाद से ही विवाद: अपनी मर्जी की जगह विकास से शादी हो जाने के कारण, शादी के पहले दिन से ही परिवार में क्लेश चल रहा था।और धमकीं देते थे की लुधियाना आय तो मार देगें । वीडियो में दिखी मारपीट, पति को मिली मौत की धमकी इस हमले में छोटी बहन शांति ने अपनी बड़ी गर्भवती बहन को बेरहमी से पीटा। 1 महीने की प्रेग्नेंसी होने के बावजूद हमलावरों को जरा भी तरस नहीं आया। मौके पर मौजूद किसी शख्स ने इस पूरी गुंडागर्दी का वीडियो बना लिया, जिसमें साफ दिख रहा है कि किस कदर घर में घुसकर कोहराम मचाया गया है। इतना ही नहीं, वारदात को अंजाम देने के बाद हमलावरों के हौसले इतने बुलंद हैं कि उन्होंने बाद में फोन करके पति विकास को सीधी धमकी दी है विकास, अब तेरे को मारना है। हालाकि महिला इलाज करवा रही है। मेडिकल करवा लिया है और पुलिस को शिकायत दी गई हैं।
कोटा शहर के विभिन्न इलाकों से एक बार फिर दैनिक भास्कर के समाधान सेगमेंट पर जनसुविधाओं से जुड़ी कई शिकायतें सामने आई हैं। मानसून की शुरुआत के साथ ही शहर के कई क्षेत्रों में जलभराव की समस्या लोगों के लिए बड़ी परेशानी बन गई है। कहीं कॉलोनियों में बारिश का पानी भरने से लोगों का घरों से निकलना मुश्किल हो रहा है तो कहीं नालियों की उचित निकासी व्यवस्था नहीं होने के कारण गंदा पानी सड़कों और घरों के बाहर जमा हो रहा है। इसके अलावा कई क्षेत्रों में स्ट्रीट लाइट खराब होने और सड़कों की खराब स्थिति को लेकर भी लोगों ने चिंता जताई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई समस्याएं लंबे समय से बनी हुई हैं, लेकिन अब तक उनका स्थायी समाधान नहीं हो सका है। हालांकि कुछ मामलों में शिकायतों के बाद संबंधित विभागों ने कार्रवाई कर राहत भी पहुंचाई है। भास्कर एप पर समस्या पोस्ट करने लिए यहां क्लिक कीजिए... बारिश में कॉलोनी बन जाती है तालाब बोरखेड़ा कैनाल रोड स्थित मयूर विहार कॉलोनी से हरीश सेन ने पोस्ट कर बताया कि बारिश शुरू होते ही पूरी कॉलोनी में पानी भर जाता है। जलभराव के कारण लोगों का घरों से बाहर निकलना मुश्किल हो जाता है और कई जगहों पर पानी लंबे समय तक जमा रहता है। उन्होंने बताया कि पानी भरने के बाद सांप, मगरमच्छ जैसे जीव-जंतु दिखाई देने का खतरा भी बना रहता है, जिससे लोगों में डर का माहौल रहता है। कॉलोनीवासियों का कहना है कि हर वर्ष बरसात में यही स्थिति बनती है, लेकिन अब तक जल निकासी की स्थायी व्यवस्था नहीं की गई है। मार्च से खराब पड़ी स्ट्रीट लाइट आरके पुरम सेक्टर-A से दक्ष मारवाह ने पोस्ट किया कि उनके क्षेत्र की स्ट्रीट लाइट मार्च माह से खराब पड़ी हुई है। स्ट्रीट लाइट बंद रहने के कारण रात के समय सड़क पर अंधेरा छाया रहता है। इससे स्थानीय निवासियों, राहगीरों और वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि कई बार शिकायत करने के बावजूद अब तक स्ट्रीट लाइट को ठीक नहीं किया गया है। लोगों ने जल्द मरम्मत कर रोशनी व्यवस्था बहाल करने की मांग की है। नाली का गंदा पानी घरों तक पहुंच रहा विश्वकर्मा मंदिर मार्ग, राजपूत सेक्टर से सौरभ गुप्ता ने शिकायत पोस्ट करी है कि क्षेत्र में नालियों की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण बारिश के दौरान गंदा पानी सड़कों पर फैल जाता है। कई बार यह पानी घरों के सामने तक पहुंच जाता है, जिससे लोगों का बाहर निकलना मुश्किल हो जाता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि गंदे पानी से दुर्गंध फैलती है और बीमारियों का खतरा भी बढ़ जाता है। उन्होंने संबंधित विभाग से जल्द निकासी व्यवस्था सुधारने की मांग की है। चार साल से खराब सड़क से लोग परेशान अनंतपुरा स्थित ऋद्धि-सिद्धि विहार से आफताब खान ने पोस्ट किया कि उनके क्षेत्र की सड़क पिछले चार वर्षों से जर्जर हालत में है। सड़क पर जगह-जगह गड्ढे हैं और बरसात के समय इनमें पानी भर जाता है। इससे राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि खराब सड़क के कारण धूल, कीचड़ और मच्छरों की समस्या भी बढ़ गई है। कई बार शिकायत करने के बाद भी सड़क की मरम्मत नहीं कराई गई है। भास्कर समाधान में सीवरेज जलभराव की समस्या दूर कलेक्ट्रेट सर्किल क्षेत्र से सागर ने पोस्ट किया था कि जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय के सामने कई दिनों से नाले और सीवरेज का गंदा पानी जमा हो रहा था। पानी जमा रहने से लोगों को आवागमन में परेशानी हो रही थी और क्षेत्र में गंदगी फैल रही थी। शिकायत सामने आने के बाद संबंधित विभाग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए पानी की निकासी करवाई और क्षेत्र की सफाई करवाई। समस्या के समाधान के बाद लोगों को राहत मिली और आवागमन फिर से सुचारु हो सका। शिकायतकर्ता ने भी समस्या के समाधान की पुष्टि की। भास्कर समाधान में पार्क से कचरे का ढेर हटाया गया विनोबा भावे नगर से शुभम नागर ने पोस्ट किया था कि पार्क नंबर-2 में लंबे समय से कचरे का ढेर लगा हुआ था। कचरे से लगातार बदबू फैल रही थी और बड़ी संख्या में मच्छर पनप रहे थे, जिससे क्षेत्र में बीमारी फैलने का खतरा बना हुआ था। स्थानीय लोगों को पार्क के आसपास आने-जाने और समय बिताने में भी परेशानी हो रही थी। शिकायत के बाद संबंधित विभाग ने कार्रवाई करते हुए कचरे का उठाव करवाया और क्षेत्र की सफाई करवाई। समस्या के समाधान के बाद लोगों को राहत मिली तथा पार्क का वातावरण पहले की तुलना में अधिक स्वच्छ हो गया। आज के पब्लिक के स्टार : दीपक पंवार विनोबा भावे नगर से शुभम नागर ने पोस्ट किया था कि पार्क नंबर-2 में लंबे समय से कचरे का ढेर लगा हुआ था। कचरे से बदबू फैल रही थी और बड़ी संख्या में मच्छर पनप रहे थे, जिससे बीमारी फैलने की आशंका बनी हुई थी। स्थानीय लोगों को पार्क के आसपास आने-जाने में भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इस समस्या के समाधान में कार्यवाहक जमादार दीपक पंवार ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। शिकायत सामने आने के बाद उन्होंने संबंधित सफाईकर्मियों की टीम को मौके पर भेजकर पार्क में जमा कचरा हटवाया और सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करवाई। समस्या के समाधान के बाद क्षेत्रवासियों को बदबू और गंदगी से राहत मिली तथा पार्क का वातावरण स्वच्छ हुआ। पब्लिक की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं। भास्कर एप से समस्याओं के समाधान की ये खबरें भी पढ़िए… 1.‘भास्कर समाधान’: समस्या पोस्ट होते ही मिल रहा हल:कॉलोनी में जल भराव से आना-जाना मुश्किल, पार्क में हरे पेड़ों को सीमेंट से कवर किया 2.जयपुर में 'भास्कर समाधान' से चमकी स्ट्रीट लाइटें:जनता की आवाज का असर; नगर निगम उपायुक्त मनीषा यादव बनीं ‘स्टार ऑफिसर’ 3.जयपुर में पहली बारिश ने खोली प्रशासन की पोल:खाली प्लॉटों में आवारा पशुओं का डेरा; XEN रूपाराम बने आज ‘स्टार ऑफिसर’ 4.जयपुर में खुले नाले, सीवर ओवरफ्लो से लोग परेशान:प्रशासन की अनदेखी से समस्याएं जस की तस, कई जगहों पर हुआ समाधान
वाराणसी के रोहनिया थाने में नोएडा में पढ़ने वाली एक युवती ने प्राथमिकी दर्ज कराई है। युवती का आरोप है कि रामेश्वर पांडेय नमक युवक उसे वर्चुअल नंबर से एक साल से परेशान कर रहा है। उसके और उसके माता-पिता के अलावा उसके दोस्तों को काल और उसके बारे में गंदे और गलत मैसेज कर रहा है। युवती के अनुसार जब वह इंटर में थी तो रामेश्वर सिंह से जान-पहचान हुई थी। लेकिन जुलाई 2025 में वह शादी का दबाव बनाने लगा तो उससे संबंध खत्म कर लिए थे। फिलहाल पुलिस ने संबंधित धराओं में मुकदमा दर्ज कर अग्रिम कार्रवाई शुरू कर दी है। इंटर में पढ़ने के दौरान हुई थी मुलाकात युवती ने पुलिस को बताया - साल 2023 में मेरी मुलाकात रामेश्वर सिंह से हुई थी। हमारी बस बातचीत होती थी। इसके बाद रामेश्वर मुझपर शादी का दबाव बनाने लगा। तो मैंने मना कर दिया क्योंकि उस समय मै इंटर की स्टूडेंट थी। और युवक से बातचीत बंद कर दी। इसपर वह फोन करके मुझे धमकाने लगा और कहता रात में सोने नहीं दूंगा और पूरी रात काल और मैसेज करता। वर्चुअल नंबर से करने लगा परेशान युवती ने बताया - इसके बाद रामेश्वर सिंह वर्चुअल नंबर से फोन और मैसेज करने लगा और पूरी रात मुझे परेशान करता और दिन में भी फोन करता था। साल 2025 जुलाई में मैंने उसके सभी नंबर ब्लॉक कर दिए और उससे संबंध खत्म कर लिए। मै नोएडा पढ़ने चली आयी। लेकिन उसकी हरकत और परेशान करने का तरीका नहीं बदला और वह लगातार मैसेज और फोन करता रहा। शादी का दबाव बना रहा है। मानसिक रूप से परेशान, बनायीं लिंकडिन ओर आईडी युवती के अनुसार - उसने सिर्फ वर्चुअल नंबर से परेशान करना ही नहीं शुरू किया बल्कि उसने लिंकडीन सोशल साइट पर एक फेक आईडी विदेश के व्यक्ति के नाम से बनाकर मुझे बदनाम करना शुरू कर दिया है। ऐसे में उसपर मुकदमा दर्ज करने की तहरीर दी है। मुकदमा दर्ज कर हो रही तलाश थाना प्रभारी रोहनिया राजू सिंह ने बताया - युवती की तहरीर पर बीएनएस की धारा 78(1)(ii), 352 और 351(2) में मुकदमा दर्ज कर अग्रिम कार्रवाई शुरू कर दी है। जांच के बाद युवक को गिरफ्तार किया जाएगा। जानिए वर्चुअल नंबर क्या होता है ? वर्चुअल नंबर (Virtual Number) एक ऐसा टेलीफ़ोन नंबर होता है जो किसी विशेष भौतिक सिम कार्ड या निश्चित स्थान से जुड़ा नहीं होता है। इसके बजाय, यह इंटरनेट (VoIP - Voice over Internet Protocol) के ज़रिये काम करता हैं। इससे आप किसी भी डिवाइस (कंप्यूटर, लैपटॉप या मोबाइल) के माध्यम से कॉल और मैसेज कर व प्राप्त सकते हैं।
निवाड़ी जिले के ओरछा कस्बे के वार्ड नंबर 12 स्थित हरिशंकरी मुहल्ले में रहने वाले महेश केवट के राज्यसभा जाने का रास्ता लगभग साफ है। मीनाक्षी नटराजन का नामांकन खारिज होने के बाद यदि कांग्रेस को कोर्ट से राहत नहीं मिलती है। तो महेश केवट मध्य प्रदेश से केवट, माझी, मल्लाह, रैकवार, भोई समाज के पहले राज्यसभा सांसद होंगे। पत्नी हार गई थी नगर परिषद अध्यक्ष का चुनाव महेश केवट 2000 से लेकर 2005 तक ओरछा नगर परिषद के उपाध्यक्ष भी रहे। महेश की पत्नी ने ओरछा नगर परिषद के अध्यक्ष का चुनाव भाजपा के अधिकृत उम्मीदवार के तौर पर लड़ा था लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। बीजेपी ने कर दिया था निष्कासित, 2022 के नगर परिषद ओरछ़ा के चुनाव में उस समय स्थानीय बीजेपी नेतृत्व ने महेश केवट पर पार्टी विरोधी गतिविधियों के आरोपों में उन्हें निष्कासित कर दिया था। महेश के साथ उन कार्यकर्ताओं को निष्कासित किया गया था जिन्होंने भाजपा के अधिकृत उम्मीदवारों के खिलाफ चुनाव लड़ा था। महेश के साथ करीब दर्जन भर भाजपाई और पार्टी से बाहर किए गए थे। लेकिन, महेश और निवाड़ी विधायक अनिल जैन ने भोपाल में भाजपा के प्रदेश कार्यालय में महेश केवट के निष्कासन की फाइल निकलवाई तो यहां कोई रिकॉर्ड नहीं मिला। महेश ने पार्टी को यह जानकारी दी कि उन्होंने और उनके परिवार के किसी सदस्य ने बागी होकर चुनाव नहीं लड़ा है। बल्कि सोशल मीडिया में कई ऐसे पत्र वायरल हुए जिनमें महेश के निष्कासन के आदेश में कुछ और नाम जोड़कर उन्हें भी बीजेपी से निष्कासित बताया गया। इसके बाद पार्टी ने अधिकारिक तौर पर 2023 में महेश के निष्कासन को समाप्त करने का आदेश तत्कालीन प्रदेश महामंत्री भगवानदास सबनानी की तरफ से जारी किया गया। हरदौल बैठका पर सेवा करता है परिवार महेश केवट के परिवार के सदस्य ओरछा के फूलबाग में स्थित हरदौल बैठका की सेवा करते हैं। लाला हरदौल बुन्देलखंड के लोकदेवता हैं। महेश के छोटे भाई हरदौल बैठका में आज भी नियमित सेवा कार्य करते हैं। महेश सीमेंट व्यवसायी हैं। ऐसे बीजेपी की नजर में आए महेश केवटहेमंत खंडेलवाल के बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष बनने के बाद पार्टी के संगठन और सरकार के विभिन्न बोर्ड, निगम मंडलों में नए ऐसे चेहरों को शामिल करने पर मंथन चल रहा था कि ऐसे कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी दी जाए जो अब तक किसी अहम जिम्मेदारी पर न रहे हों। यह भी तय हुआ कि उन जातियों में से नेताओं को छांटा जाए जिन वर्गों की राजनीतिक भागीदारी बहुत कम रही हो। ऐसे में मल्लाह, केवट, मांझी समाज से शिवपुरी भाजपा के पूर्व जिला अध्यक्ष राजू बाथम और महेश केवट के नाम सामने आए। सीताराम बाथम पहले कई पदों पर रह चुके थे। ऐसे में महेश केवट को मछुआ कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष के लिए चुना गया। जैसे ही महेश मछुआ कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष बने उसके तुरंत बाद उनके विरोधी भाजपाई एक्टिव हुए और उन्हें भाजपा से निष्कासित नेता बताते हुए उनके निष्कासन के आदेशों को सोशल मीडिया पर शेयर कराना शुरु कर दिया। इसके बाद भोपाल में एक दिन निवाड़ी भाजपा के नेताओं, विधायक, जिलाध्यक्ष सहित चुनिंदा पदाधिकारियों की भोपाल में प्रदेश अध्यक्ष ने बैठक ली। इस बैठक में तत्कालीन जिलाध्यक्ष अखिलेश अयाची से कहा गया कि आप महेश के निष्कासन के मामले का पटाक्षेप कीजिए। सोशल मीडिया पर पूरी जानकारी विस्तार से लिखिए। उसके बाद तत्कालीन जिलाध्यक्ष ने अपने फेसबुक पर सिर्फ लेटर पोस्ट कर दिया। राज्यसभा के लिए कैसे चुने गए बीजेपी ने एमपी में बीजेपी के कब्जे वाली दो सीटों पर राष्ट्रीय महामंत्री तरुण चुग और प्रदेश मंत्री रजनीश अग्रवाल को घोषित किया। रजनीश को वीडी शर्मा की सिफारिश पर उम्मीदवार बताया गया। इसके बाद सीएम डॉ मोहन यादव और हेमंत खंडेलवाल ने यह तय किया कि उम्मीदवार सामाजिक जातिगत समीकरणों के हिसाब से उतारा जाएगा। कई नामों पर विचार-मंथन हुआ लेकिन, जब जीत के लिए जरूरी 58 विधायकों के आंकड़े को लेकर टेंशन दिखी तो तय किया गया कि ऐसे केंडिडेट को उतारा जाए जिसकी उम्मीदवारी मात्र से बड़ा संदेश जाए। यूपी चुनाव में महेश की भूमिका होगी अहम अगले साल फरवरी- मार्च में यूपी में विधानसभा के चुनाव होने हैं। चूंकि ओरछा तीन तरफ से एमपी-यूपी के बॉर्डर पर लगा हुआ है। बुन्देलखंड के मुख्य शहर झांसी की ओरछा से दूरी मात्र 15 किलोमीटर है। ओरछा में धार्मिक स्थल के साथ ही बडे़ होटल भी हैं। ऐसे में यूपी सरकार और राजनीतिक दलों की बैठकें और नेताओं का आना-जाना होता रहता है। यूपी की राजनीति में अकेले भाजपा ही नहीं, सपा बसपा में भी केवट निषाद समाज के नेता बडे़ पदों पर रहे हैं। ऐसे में अब महेश केवट का उपयोग पार्टी यूपी के चुनाव में करेगी। झांसी से लेकर पूरे गंगा किनारे केवट समाज में महेश भाजपा के प्रचारक के तौर पर काम करेंगे। यूपी में केवट समाज की राजनीतिक पकड़ समझिए सबसे पहले बीजेपी में निषाद समाज का दबदबा देखिए अब सपा में समाज की हिस्सेदारी बहुजन समाज पार्टी एमपी में चंबल से महाकौशल तक प्रभावी हैं केवट समाज ग्वालियर-चंबल: मेहगांव, अटेर, लहार, मुरैना, दिमनी, अंबाह, दतिया इन सीटों पर केवट और मल्लाह मतदाताओं की संख्या 15,000 से 25,000 तक है, जो किसी भी दल का खेल बना या बिगाड़ सकते हैं। बुंदेलखंड: टीकमगढ़, जतारा, पृथ्वीपुर, खरगापुर, निवाड़ी,चंदला, पन्ना, इस क्षेत्र में रैकवार और केवट समाज के पारंपरिक वोट बैंक का झुकाव बेहद निर्णायक होता है। विंध्य और महाकौशल: रीवा, सेमरिया, अमरपाटन, मैहर, सिहोरा, जबलपुर उत्तर, पूर्व विधानसभा सीटों पर माझी बर्मन और बिंद समाज चुनावी नतीजों को सीधा प्रभावित करते हैं। मध्य क्षेत्र: होशंगाबाद, बाबई (सोहागपुर), बुधनी, उदयपुरा नर्मदा किनारे की इन सीटों पर केवट, कहार और ढ़ीमर समाज के वोट निर्णायक माने जाते हैं।
छत्तीसगढ़ के कोरबा में बॉयफ्रेंड ने नाबालिग गर्लफ्रेंड का अश्लील वीडियो बनाकर अपने दोस्तों को दिखा दिया। इसके बाद दोस्त वीडियो वायरल करने की धमकी देकर नाबालिग लड़की पर संबंध बनाने का प्रेशर डालने लगे। वे गंदे-गंदे इशारे भी करते थे। लड़कों के हरकतों से तंग आकर नाबालिग ने अपने भाई को सारी बातें बताई, जिसके बाद दोनों थाने पहुंचे। भाई की शिकायत पर पुलिस ने मंगलवार को केस दर्ज करते हुए बॉयफ्रेंड समेत 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस घटना के बाद ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। उन्होंने सख्त कार्रवाई की मांग की है। वहीं, पुलिस का कहना है कि नाबालिग से जुड़े मामलों में किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। मामला बालको नगर थाना क्षेत्र का है। जानिए क्या है पूरा मामला ? जानकारी के मुताबिक बॉयफ्रेंड का नाम होरी लाल चौहान (30) है, जो नाबालिग के ही गांव का रहने वाला है। होरी लाल और उसके दोस्त मजदूरी करते हैं। जबकि उसकी गर्लफ्रेंड 17 साल की है। उसने 10वीं के बाद पढ़ाई छोड़ दी है। पिछले 2 सालों से होरी लाल और नाबालिग का अफेयर चल रहा था। इस बीच उन्होंने शारीरिक संबंध भी बनाए और उसका वीडियो बना लिया। बाद में उसने यह वीडियो अपने दोस्तों को दिखाई। वीडियो देख उनकी भी नीयत बिगड़ने लगी। दोस्तों ने संबंध बनाना प्रेशर डाला होरी लाल के दोस्तों ने नाबालिग को लड़की को ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। वे वीडियो वायरल करने की धमकी देकर संबंध बनाने के लिए लगातार प्रेशर डालने लगे। इसके अलावा वे गंदे-गंदे इशारे करने लगे। दोस्तों की इस हरकत से नाबालिग परेशान हो गई। उसने अपने भाई को पूरी बात बताई। इसके बाद नाबालिग का भाई उसे लेकर बालको थाने पहुंचा और शिकायत दर्ज कराई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने केस दर्ज किया। न्यायिक रिमांड पर भेजा जेल इस मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए होरी लाल चौहान (30), कन्हैया सिंह (25), उदय चौहान (22), मनीष चौहान (22), बुग्गु चौहान (21), राकेश सिंह (40), दशरथ पटेल (32), चित्रभान पटेल (30), शत्रुहन चौहान (25) और योगेश चौहान (22) को अरेस्ट किया है। आरोपियों के खिलाफ रेप, ब्लैकमेलिंग और पॉक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया है। वहीं, आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद उन्हें कोर्ट में पेश किया गया। जहां से सभी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। ……………. इससे जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… पार्टी में बुलाकर महिला से सेक्स करवाया, छिपकर VIDEO बनाई: स्क्रीनशॉट भेजकर 1 लाख मांगे; बिलासपुर में हनी-ट्रैप में फंसाने वाली महिला गिरफ्तार छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में एक महिला ने अपने बेटे के बर्थडे पार्टी के बहाने युवक को घर बुलाया, जहां पहले से ही एक परिचित की महिला मौजूद थी। रोशनी खुंटे ने दोनों को विश्वास दिलाते हुए कमरे में संबंध बनाने भेजा। इस दौरान उसने छिपकर उनका वीडियो बना लिया। पढ़ें पूरी खबर…
जयपुर के खोह नागोरियान इलाके में 9 जून की सुबह हुआ भीषण अग्निकांड सरकारी महकमों और स्थानीय पुलिस की घोर लापरवाही का नतीजा है। अगर जिम्मेदार जरा भी गंभीर होते, तो शायद 8 बेगुनाह लोगों की जान नहीं जाती। करीम नगर-बी के महज 52 गज के रिहायशी मकान में बिना किसी वैध लाइसेंस और औपचारिकताओं के मौत का यह खेल पिछले 2 साल से धड़ल्ले से चल रहा था। हैरान करने वाली बात यह है कि घटनास्थल से खोह नागोरियान पुलिस थाना मात्र एक किलोमीटर की दूरी पर है। स्थानीय लोगों का सीधा आरोप है कि पुलिस और बीट अधिकारियों को इस अवैध फैक्ट्री की पूरी जानकारी थी, लेकिन साठगांठ और शह के चलते कभी कोई कार्रवाई नहीं की गई। इसी लापरवाही की वजह से फायर ब्रिगेड डिपार्टमेंट से NOC लेने की जरूरत तक नहीं समझी गई। धमाका ऐसा लगा जैसे भूकंप आ गया आसपास के निवासियों ने बताया कि सुबह करीब 11 बजे अचानक इतना तेज धमाका हुआ कि लगा जैसे भूकंप आ गया हो। जब लोग घरों से बाहर भागे तो देखा कि मकान नंबर-88 से बारूद के गुबार के बीच बुरी तरह झुलसे हुए मजदूर चीखते हुए बाहर निकल रहे थे। पड़ोसियों ने बताया कि अंदर फिर से विस्फोट होने का डर था, इसके बावजूद उन्होंने अपनी जान दांव पर लगाकर झुलसे हुए लोगों को बाहर निकाला और हॉस्पिटल पहुंचाया। 2 साल से चल रही थी फैक्ट्री, पुलिस बोली- हमें पता ही नहीं था स्थानीय लोगों के मुताबिक, इस 52 गज के मकान में आसपास के लोग ही काम करते थे। सरकारी महकमों को सब मालूम था।हादसे के बाद बैकफुट पर आई पुलिस अब अपना पल्ला झाड़ते हुए अजीब तर्क दे रही है। पुलिस का कहना है कि उन्हें जानकारी ही नहीं थी कि रीको (RIICO) एरिया को छोड़कर पटाखा फैक्ट्री इस तरह रिहायशी इलाके में चल रही है। SMS अस्पताल के बर्न वार्ड से खुला राज इस पूरे अवैध कारोबार के तार देश की राजधानी दिल्ली से जुड़े हैं। हादसे में जान गंवाने वाले बिलाल के भाई राशिद खान ने एक बड़ा खुलासा किया है। राशिद ने बताया- मेरा भाई SMS हॉस्पिटल के बर्न वार्ड में भर्ती था। उसके पास वाले बेड पर एक गंभीर झुलसा हुआ युवक था, जिसने अपना नाम नासिर (निवासी दिल्ली) बताया। नासिर ने अपने पिता का मोबाइल नंबर देकर मुझे कॉल करने को कहा। मैंने जब उस नंबर पर सूचना दी, तो उसके बाद से वह मोबाइल लगातार बंद आ रहा है। पुलिस का प्राथमिक अनुमान है कि नासिर का पिता ही इस अवैध फैक्ट्री का मुख्य संचालक है। परिजनों के जयपुर पहुंचने के बाद ही इस मामले में और बड़े खुलासे होने की उम्मीद है। इवेंट के पटाखों की होती थी पैकिंग, मकान मालिक और संचालक फरार यह भीषण आग 9 जून की सुबह करीब 11 बजे लगी थी, जिसमें एक बच्चे और दो भाइयों समेत कुल 8 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। यह मकान (नंबर- 88, करीम नगर-बी) याकूब पुत्र नजीर खान (निवासी- राक्ष्या की ढाणी, खोह नागोरियान) का है। याकूब ने यह मकान दिल्ली के रहने वाले फिरोज नाम के शख्स को किराए पर दे रखा था। फिरोज इस तंग मकान में अवैध रूप से शादियों और अन्य इवेंट्स के लिए इस्तेमाल होने वाले भारी पटाखों की पैकिंग करवाता था। हादसे के बाद से ही मकान मालिक याकूब और फैक्ट्री संचालक फिरोज फरार हैं। पुलिस की टीमें उनकी तलाश में दबिश दे रही हैं, लेकिन स्थानीय जनता में पुलिस की इस 'नाकाम' कार्यप्रणाली को लेकर भारी आक्रोश है। ---------- पटाखा फैक्ट्री में आग की ये खबरें भी पढ़िए… जयपुर- पटाखा फैक्ट्री में आग,2 भाइयों समेत 8 की मौत:जलने के बाद सड़क पर तड़पते रहे; दिल्ली का युवक चला रहा था अवैध फैक्ट्री 500 रुपए देकर ‘मौत की फैक्ट्री’ में धकेल देते:कई साल से बना रहे थे पटाखे, दिल्ली तक सप्लाई; आग लगने से 8 की मौत 50 किलो बारूद में लगी आग में 8 लोग जले:ऐसा लगा जैसे बम फटा हो, इलाके में पटाखों की 4 अवैध फैक्ट्रियां और चल रही कपड़ों के साथ निकली चमड़ी, झुलसे लोग छटपटाते रहे:दर्द से तड़पता कोई सीढ़ियों पर बैठा, कोई खड़ा रहा; देखें PHOTOS
यूपी पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा का बुधवार को आखिरी दिन है। ऐसे में प्रशासन ने पूरी ताकत झोंक दी है। यहां 48 केंद्रों पर 44032 अभ्यर्थी पंजीकृत हैं, जो मंगलवार देर रात ही यहां पहुंचने शुरु हो गए। दूर सेंटर वाले अभ्यर्थी रात ही अपने केंद्रों के पास पहुंच गए। पहली पाली की परीक्षा सुबह 10 बजे से शुरु होगी। परीक्षा का आखिरी दिन होने के कारण प्रशासन पूरी तरह अलर्ट है। खुफिया एजेंसियां एक्टिव हैं। साथ ही लोकल स्तर पर मिलने वाले इनपुट पर भी नजर रखी जा रही है। मेरठ शहर की बात करें तो यहां 37 और देहात में 11 सेंटर बनाए गए हैं, जहां कड़ी चेकिंग के बाद अभ्यर्थी को प्रवेश दिया जा रहा है। परीक्षा केंद्र के 50 मीटर की परिधि में किसी को खड़ा भी नहीं होने दिया जा रहा है। इसके लिए पुलिस फोर्स को लगाया गया है। बुधवार को आखिरी दिन की परीक्षा है। ऐसे में सुबह और दोपहर की पाली में होने वाली परीक्षाओं को लेकर अतिरिक्त इंतजाम किए गए हैं। परीक्षा का आखिरी दिन है। ऐसे में प्रशासन के सामने जाम से निपटने की चुनौती रहेगी। इसको देखते हुए प्रमुख चौराहों व स्थलों पर अतिरिक्त फोर्स लगाया गया है। जाम मुख्य समस्या है। इससे निपटने के लिए भी जगह जगह ट्रेफिक पुलिस को जिम्मेदारी दी गई है।
केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों के लिए सब्सिडी वाले रसोई गैस सिलेंडरों की संख्या में कटौती की है। अब पात्र परिवारों को एक वर्ष में 12 की बजाय केवल चार सब्सिडी वाले सिलेंडर मिलेंगे। जिले के अकबरपुर, भीटी, जलालपुर और टांडा आलापुर तहसील में एक लाख 82 हजार उज्ज्वला योजना के लाभार्थी इस फैसले से प्रभावित होंगे। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना की शुरुआत मई 2016 में हुई थी। इसका मुख्य उद्देश्य गरीब परिवारों की वयस्क महिलाओं को जमा-मुक्त एलपीजी कनेक्शन उपलब्ध कराना था, ताकि उन्हें स्वच्छ ईंधन मिल सके। योजना के शुरुआती चरण में लाभार्थियों को प्रति वर्ष 12 सब्सिडी वाले 14.2 किलोग्राम के सिलेंडर मिलते थे। पिछले साल इस कोटे को घटाकर नौ सिलेंडर कर दिया गया था, और अब इसे और कम करके चार कर दिया गया है। केंद्र सरकार ने मई 2022 में प्रति सिलेंडर 200 रुपये की सब्सिडी शुरू की थी। बाद में, अक्टूबर 2023 में इस सब्सिडी को बढ़ाकर 300 रुपये कर दिया गया था। जिलापूर्ति अधिकारी शिवाकांत पांडेय ने इस कटौती की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि जिले के एक लाख 82 हजार उज्ज्वला योजना के लाभार्थी अब वर्ष में केवल चार सिलेंडरों पर ही सब्सिडी का लाभ प्राप्त कर सकेंगे।
संभल में 43 डिग्री पारा, AQI 178:जुनावई में बारिश से राहत, बाकी जिले में भीषण गर्मी
संभल में भीषण गर्मी का प्रकोप जारी है, जहां बुधवार सुबह का तापमान 27 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो कल के मुकाबले एक डिग्री कम है। हालांकि, दिन में पारा 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है और वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 178 दर्ज किया गया है। गंगा किनारे के जुनावई ब्लॉक में 40 मिनट तक हुई बारिश से स्थानीय लोगों को गर्मी से कुछ राहत मिली है, लेकिन जिले के अधिकांश हिस्सों में उमस भरी गर्मी से लोग बेहाल हैं। बुधवार सुबह 8 बजे पूरे जनपद संभल का तापमान 35 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार, दोपहर 12 बजे से शाम 6 बजे के बीच अधिकतम तापमान 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है। संभल, चंदौसी, बहजोई, असमोली, सिरसी, नरौली और बबराला सहित पूरे जनपद में सुबह से ही तेज धूप खिली हुई है, जबकि गंगा किनारे की तहसील गुन्नौर के ब्लॉक जुनावई क्षेत्र के 20 से अधिक गांवों में काली घटा के साथ बारिश हुई है। पूरे संभल जिले में उमस और पसीने से लोग त्रस्त हैं, वहीं जुनावई क्षेत्र में बारिश के कारण गर्मी से राहत मिली है। भीषण गर्मी के चलते जिला संयुक्त चिकित्सालय और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों की ओपीडी में मरीजों की संख्या 1000 के पार पहुंच गई है। मौसम विभाग ने 24 जून से मानसून के दस्तक देने का अनुमान लगाया है। जून माह में अब तक हुई चार दिन की बारिश से किसानों को लाभ हुआ है। इससे मक्का, ईख, चरई और मैंथा जैसी फसलों को फायदा पहुंचा है। किसान अब मानसून के आगमन के साथ धान की बुवाई की तैयारी में जुट गए हैं। स्थानीय निवासी सुमित कुमार ने बताया कि अत्यधिक गर्मी के कारण उन्हें अपने दैनिक कार्य सुबह या शाम को निपटाने पड़ रहे हैं। तेज धूप के कारण दोपहर में लोग घर या कार्यालय से बाहर निकलने से परहेज कर रहे हैं।
अमेठी में अपराध नियंत्रण के लिए चलाए गए 'ऑपरेशन चक्रव्यूह' ने अपने 100 दिन पूरे कर लिए हैं। इस अभियान के तहत पुलिस ने 608 अभियुक्तों को गिरफ्तार कर जेल भेजा है और 2.56 करोड़ रुपये के मादक पदार्थ बरामद किए हैं। ऑपरेशन के परिणामस्वरूप लूट की घटनाओं में 85 प्रतिशत और चोरी की वारदातों में 52 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है। पुलिस अधीक्षक सरवणन टी के नेतृत्व में यह अभियान 1 मार्च 2026 को शुरू किया गया था। इसका मुख्य उद्देश्य जनपद में अपराध पर शिकंजा कसना और आम लोगों में सुरक्षा की भावना को मजबूत करना था। इन 100 दिनों में पुलिस ने उल्लेखनीय परिणाम हासिल किए हैं। अभियान के दौरान पुलिस ने कुल 608 अभियुक्तों को गिरफ्तार कर जेल भेजा है। इसके अतिरिक्त, 2 करोड़ 56 लाख रुपये मूल्य के मादक पदार्थ भी बरामद किए गए, जिससे ड्रग्स और नशे के कारोबार पर बड़ी चोट पहुंची है। अपराध के आंकड़ों में भी महत्वपूर्ण गिरावट आई है। लूट की घटनाओं में 85 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है, जबकि चोरी की वारदातें 52 प्रतिशत तक कम हुई हैं। 'ऑपरेशन चक्रव्यूह' के तहत पुलिस और बदमाशों के बीच सात मुठभेड़ भी हुईं, जिनमें कई अपराधी घायल हुए। अभियान के दौरान घर से भागे 12 जोड़ों को भी पकड़ा गया। इस सफलता के पीछे पुलिस की सुनियोजित रणनीति रही है। जिले के 147 चिन्हित हॉटस्पॉट पर लगातार स्थान बदल-बदल कर चेकिंग की गई। यूपी-112 और सीसीटीएनएस के माध्यम से पिछले तीन वर्षों के अपराधों के ठोस आंकड़ों का विश्लेषण किया गया और भौगोलिक सूचना प्रणाली (GIS) आधारित पेट्रोलिंग को अपनाया गया। एसपी सरवणन टी ने बताया कि 'ऑपरेशन चक्रव्यूह' से न केवल अपराधों में कमी आई है, बल्कि जनता का पुलिस पर विश्वास भी बढ़ा है। उन्होंने आश्वस्त किया कि अमेठी को पूरी तरह अपराधमुक्त बनाने के लिए डेटा आधारित और हॉटस्पॉट केंद्रित कार्रवाई भविष्य में भी जारी रहेगी।
गोंडा में यूपी पुलिस सिपाही भर्ती परीक्षा देने वाले और परीक्षा देकर लौट रहे परीक्षार्थियों की देर रात गोंडा रेलवे स्टेशन पर भारी भीड़ देखी गई है। परीक्षार्थियों की संख्या इतनी अधिक थी कि प्लेटफॉर्म पर बैठने की जगह नहीं बची। कई परीक्षार्थी स्टेशन के बाहर जमीन पर बैठकर ट्रेनों का इंतजार करते नजर आए। परीक्षार्थियों की इस अत्यधिक भीड़ को देखते हुए गोंडा आरपीएफ और जीआरपी पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था के व्यापक इंतजाम किए। रात भर रेलवे स्टेशन पर लगातार निगरानी की गई। परीक्षार्थियों के सकुशल ट्रेनों से रवाना होने के बाद ही आरपीएफ और जीआरपी पुलिस ने राहत की सांस ली। इस भीड़ के कारण अन्य यात्रियों को भी काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा, क्योंकि टिकट होने के बावजूद उन्हें ठीक से खड़े होने की जगह नहीं मिल पा रही थी। गोंडा आरपीएफ प्रभारी अनिरुद्ध ने बताया कि परीक्षार्थियों की अधिक संख्या के कारण सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। उन्होंने दावा किया कि किसी भी परीक्षार्थी या आम यात्री को कोई दिक्कत नहीं हुई और सभी को सकुशल यात्रा करवाई गई। देखें 3 तस्वीरें… हालांकि, देर रात से लेकर सुबह तक यात्रियों और परीक्षार्थियों को घंटों तक ट्रेनों का इंतजार करना पड़ा। इसके बाद वे अपने-अपने घरों और परीक्षा केंद्रों के लिए रवाना हुए। यूपी पुलिस सिपाही भर्ती परीक्षा को लेकर के रेलवे द्वारा गोरखपुर से लखनऊ और लखनऊ से गोरखपुर तक दो स्पेशल परीक्षा ट्रेन भी चलाई जा रही है ऐसे में उन ट्रेनों से भी यात्री अलग-अलग जगहों के लिए यात्रा कर रहे हैं। लगातार सीसीटीवी कैमरे से भी गोंडा रेलवे स्टेशन के सभी प्लेटफार्म पर भी नजर रखी जा रही है क्योंकि परीक्षार्थियों संख्या अधिक है।
इंदौर में लोकायुक्त पुलिस ने बुधवार सुबह महिला एवं बाल विकास विभाग के संयुक्त संचालक लक्ष्मी नारायण कंडवाल के ठिकानों पर छापा मारा है। शुरुआती जांच में उनके पास आय से 241% अधिक संपत्ति होने के प्रमाण मिलने के बाद यह कार्रवाई की गई है। लोकायुक्त पुलिस एसपी राजेश सहाय को मिली गोपनीय सूचना के आधार पर जांच कराई गई थी। सत्यापन में प्रथम दृष्टया आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के तथ्य सामने आने पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया गया। इसके बाद विशेष न्यायालय से तलाशी वारंट प्राप्त कर बुधवार को छापामार कार्रवाई शुरू की गई। एक साथ तीन जगहों पर कार्रवाई बुधवार सुबह करीब 6 से 7 बजे के बीच लोकायुक्त की अलग-अलग टीमों ने एक साथ आवास, जिम और डिपार्टमेंटल स्टोर पर दबिश दी। कार्रवाई इतनी गोपनीय रखी गई थी कि संबंधित पक्ष को इसकी भनक तक नहीं लग सकी। सुबह अचानक बड़ी संख्या में अधिकारियों और कर्मचारियों के पहुंचने से आसपास के क्षेत्रों में भी चर्चा का माहौल बन गया।कार्रवाई के दौरान दस्तावेजों, संपत्तियों और निवेश से जुड़े रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं। 2.5 करोड़ की आय, 9.5 करोड़ की संपत्ति लोकायुक्त जांच के अनुसार लोकायुक्त की कार्रवाई जारी है। तलाशी के दौरान मिले दस्तावेजों और संपत्तियों के आधार पर अनुपातहीन संपत्ति का आंकड़ा और बढ़ने की संभावना जताई जा रही है। आलीशान जिम और डिपार्टमेंटल स्टोर देख चौंकी लोकायुक्त टीम लोकायुक्त की कार्रवाई के दौरान कई ऐसे तथ्य सामने आए, जिन्होंने जांच टीम को भी हैरान कर दिया। लोकायुक्त पुलिस ने जिन प्रतिष्ठानों पर छापा मारा, उनमें एक अत्याधुनिक जिम सेंटर और बड़ा डिपार्टमेंटल स्टोर भी शामिल है। कंडवाल से जुड़े एमएस जिम सेंटर का संचालन दो मंजिला भवन में किया जा रहा है। जिम में आधुनिक फिटनेस उपकरण, महंगी एक्सरसाइज मशीनें और अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं। जिम का आकार और वहां मौजूद संसाधन देखकर जांच अधिकारियों ने भी आश्चर्य जताया। बताया जा रहा है कि यह जिम शहर के बड़े निजी फिटनेस सेंटरों की श्रेणी में गिना जाता है। इसी तरह लोकायुक्त टीम ने जिस डिपार्टमेंटल स्टोर में जांच की, वह भी बड़े व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में शामिल बताया जा रहा है। स्टोर में रोजमर्रा की जरूरतों से लेकर विभिन्न उपभोक्ता वस्तुओं का व्यापक कारोबार संचालित होने की जानकारी सामने आई है। टीम ने यहां मौजूद दस्तावेजों, निवेश संबंधी रिकॉर्ड और व्यावसायिक गतिविधियों से जुड़े दस्तावेजों की जांच की। दस्तावेजों की जांच जारी लोकायुक्त अधिकारी प्रतिष्ठानों से जुड़े वित्तीय दस्तावेज, संपत्ति रिकॉर्ड, निवेश संबंधी कागजात और अन्य महत्वपूर्ण जानकारी जुटा रहे हैं। प्रारंभिक जांच में सामने आई संपत्तियों और व्यावसायिक गतिविधियों का मूल्यांकन किया जा रहा है। जांच एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि इन प्रतिष्ठानों में निवेश का स्रोत क्या है और आय के घोषित स्रोतों से इनका कितना संबंध है। करोड़ों की संपत्ति के बीच बढ़े सवाल लोकायुक्त की शुरुआती जांच में कंडवाल के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज किया गया है। ऐसे में जिम सेंटर और डिपार्टमेंटल स्टोर जैसी व्यावसायिक गतिविधियों ने जांच को और महत्वपूर्ण बना दिया है। अधिकारियों का मानना है कि तलाशी के दौरान मिले दस्तावेजों से संपत्तियों और निवेश से जुड़े कई नए खुलासे हो सकते हैं।
पीथमपुर के सागौर कुटी और आसपास के औद्योगिक क्षेत्रों में चोरी और आपराधिक घटनाओं में वृद्धि दर्ज की गई है। इससे स्थानीय रहवासियों में गहरी चिंता है। मंगलवार रात 8 बजे रहवासियों ने पुलिस को ज्ञापन दिया। नागरिकों ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए पुलिस की कार्यशैली पर असंतोष व्यक्त किया है। उनका आरोप है कि शिकायतों के बावजूद अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण नहीं हो पा रहा है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, इंडोरामा और सागौर कुटी जैसे इलाकों में अवैध स्क्रैप कारोबार और झुग्गी बस्तियों के कारण आपराधिक गतिविधियों को बढ़ावा मिल रहा है। अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग रहवासियों ने प्रशासन को एक ज्ञापन सौंपकर इन अवैध गतिविधियों पर तत्काल रोक लगाने और अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पार्षद विनोद चौहान ने भी क्षेत्र में शांति और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए समय पर प्रभावी कदम उठाने पर जोर दिया है। मामले में जल्द ही कड़ी कार्रवाई की जाएगी बगदून थाना प्रभारी सुनील शर्मा ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि मंगलवार रात जनप्रतिनिधियों और आम जनता की ओर से दिए गए ज्ञापन की सूचना उच्चाधिकारियों को भेज दी गई है। उन्होंने आश्वासन दिया कि इस मामले में जल्द ही कड़ी कार्रवाई की जाएगी। क्षेत्र के रहवासी नियमित पुलिस गश्त बढ़ाने और प्रभावी सुरक्षा उपायों को लागू करने की अपेक्षा कर रहे हैं।
आगरा में मंगलवार देर शाम आई आंधी-बारिश से भीषण गर्मी से राहत मिली है। बुधवार सुबह से धूप निकल रही है लेकिन इसमें मंगलवार सुबह की अपेक्षा तपिश कम है। हल्की हवा भी चल रही है। मौसम विभाग ने 14 जून तक धूल भरी आंधी की संभावना जताई है। आज भी दोपहर बाद मौसम बदलने के आसार हैं। आंधी के साथ बूंदाबांदी या बारिश हो सकती है। मंगलवार देर शाम आगरा में तेज आंधी आई थी। इसके साथ ही बारिश भी हुई। इससे पहले सुबह से भीषण गर्मी से लोग परेशान हो गए थे। तेज धूप और उसम ने लोगों का हाल-बेहाल कर दिया है था। बिना एसी-कूलर के पसीना नहीं सूख रहा था। मंगलवार की अपेक्षा बुधवार को दिन के तापमान में 0.7C और रात के तापमान में 2.2C की बढ़ोत्तरी दर्ज की गई। बुधवार को अधिकतम तापमान 42.6C और न्यूनतम तापमान 30C रहा। जानिए पिछले दिनों के तापमान की स्थिति तेज आंधी गिरा था यूनिपोल आगरा में मंगलवार शाम को लगभग 60 किमी/घंटा की रफ्तार से धूल भरी आंधी आई। तेज आंधी में एक यूनिपोल कार के ऊपर गिर गया। कूलर उड़कर नाले में गिर गए। लगभग 35 जगहों पर होर्डिंग गिर पड़े। 20 जगहों पर पेड़ टूट कर गिर गए। कई जगहों पर टीनशेड उड़ गए। आंधी आने के कुछ देर बाद बारिश हुई, जिसके बाद धूल शांत हुई। बारिश से मौसम सुहाना हो गया है। आंधी के बाद कई क्षेत्रों में बिजली गुल हो गई थी। 14 जून तक आंधी के आसार मौसम विभाग ने 14 जून तक मौसम में बदलाव के संकेत दिए हैं। 10 जून को आंधी के साथ बारिश की संभावना जताई है। 14 जून तक आंधी या तेज तूफान आ सकता है। हालांकि इस बीच में तापमान में उतार-चढ़ाव जारी रहेगा। आने वाले दिनों के तापमान का अनुमान जानिए
मेरठ में मेला नौचंदी देखकर लौट रहे एक परिवार को नशे में धुत स्कार्पियो सवार ने टक्कर मार दी। यह सभी लोग दुपहिया वाहनों पर मौजूद थे। सभी घायलों को मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार चल रहा है। कई वाहनों को टक्कर मारने वाले स्कार्पियो सवार को लोगों ने दबोचकर पुलिस को सौंप दिया है। मुजफ्फरनगर निवासी राधेश्याम की मेडिकल क्षेत्र में रिश्तेदारी है। वह नौचंदी मेला देखने के लिए अपने रिश्तेदार के यहां परिवार को लेकर पहुंचे थे। सोमवार आधी रात को जब यह परिवार दुपहिया वाहनों से मेला देखकर घर लौट रहा था तो मेडिकल कॉलेज के निकट स्कार्पियो सवार ने इनके वाहनों में टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही दुपहिया वाहन फिसल गए और छह लोग घायल हो गए। लोगों ने स्कार्पियो सवार को दबोचा स्कार्पियो सवार लापरवाही से कार दौड़ाते हुए पीछे भी कई वाहनों में टक्कर मारी थी। ऐसे में पीछा कर रहे लोगों ने इस हादसे के बाद उसे रोक लिया और पुलिस को बुला लिया। घायलों को तुरन्त मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया। जबकि पुलिस आरोपी स्कार्पियो सवार को थाने लेकर चली गई। रौब गालिब करने का प्रयास स्कार्पियो सवार ने हादसे के बाद भी गलती दुपहिया वाहन चालकों की निकालने की कोशिश की। उसने रौब गालिब करने का प्रयास किया लेकिन पुलिस ने उसकी एक ना सुनी और थाने लेकर पहुंच गई। इसके बाद रात में ही घायलों के परिवार की तरफ से मेडिकल थाने में तहरीर दे दी गई। प्रत्यक्षदर्शी बोले- आरोपी ने भागने की करी कोशिश हादसे के बाद स्कार्पियो सवार ने भागने की कोशिश की। उसने स्कार्पियो स्टार्ट भी कर ली लेकिन फिर कुछ वाहन चालकों ने अपने वाहन उसकी कार के सामने खड़े कर दिए और उसे कार से नीचे खींच लिया। बताया जाता है कि यहां मारपीट भी हुई लेकिन पुलिस मौके पर पहुंच गई। हालांकि कई को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई।
नाथद्वारा में पुलिस थाना श्रीनाथजी मंदिर ने 8 किलो गांजे के साथ तीन तस्करों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से गांजा और एक बाइक जब्त की है। कार्रवाई उपली ओड से खमनोर रोड स्थित हनुमान मंदिर के पास की गई। पुलिस टीम को देखकर तीनों युवक भागने लगे, लेकिन घेराबंदी कर उन्हें पकड़ लिया गया। तलाशी के दौरान उनके पास से गांजा बरामद हुआ। हरीश ओड, देवीलाल गमेती और विशाल सेन गिरफ्तार पुलिस ने कार्रवाई के दौरान हरीश ओड, देवीलाल गमेती और विशाल सेन को गिरफ्तार किया है। तीनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब उनसे गांजे की खरीद-फरोख्त और सप्लाई नेटवर्क को लेकर पूछताछ कर रही है। अवैध मादक पदार्थों की बिक्री की मिल रही थी शिकायतें पुलिस को लगातार सूचना मिल रही थी कि नाथद्वारा कस्बे में अवैध मादक पदार्थों की बिक्री की जा रही है। इसी सूचना के आधार पर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी गई और कार्रवाई की योजना बनाई गई। पुलिस ने गांजा और बाइक जब्त कर मामला दर्ज कर लिया है। मामले की जांच देलवाड़ा थाना अधिकारी भंवरलाल को सौंपी गई है। पुलिस आरोपियों के नेटवर्क और मादक पदार्थ के स्रोत की जांच कर रही है।
प्रयागराज में हाईकोर्ट के वकीलों और स्वरूपरानी नेहरू अस्पताल के डॉक्टरों के बीच का विवाद इलाहाबाद हाईकोर्ट की अहम सुनवाई में शामिल हो गया है। इस मामले में बुधवार को हाईकोर्ट में सुनवाई होगी। इस पर वकील और डॉक्टर दोनों की निगाहें हैं। इलाहाबाद हाईकोर्ट की अधिवक्ता जागृति शुक्ला प्रकरण में मंगलवार को डबल बेंच में सुनवाई हुई। कोर्ट ने इस मामले में पुलिस द्वारा की जा रही जांच की प्रगति रिपोर्ट तलब की है। कोर्ट बुधवार को सुबह 10 बजे फिर सुनवाई करेगी। यह आदेश जस्टिस सलिल कुमार राय एवं जस्टिस स्वरूपमा चतुर्वेदी की खंडपीठ ने इस घटना को लेकर दाखिल दो जनहित याचिकाओं, अनिल कुमार सिंह उर्फ सोनू सिंह तथा ममता सिंह व 11 अन्य की याचिकाओं पर पारित किया है। वकील की मौत के बाद बढ़ा बवाल हाईकोर्ट की अधिवक्ता जागृति शुक्ला का सोमवार सुबह लखनऊ स्थित पीजीआई में उपचार के दौरान निधन हो गया। वह 20 मई को हुए एक सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गई थीं। उनके निधन के बाद अधिवक्ताओं में शोक और आक्रोश का माहौल है। हाईकोर्ट बार एसोसिएशन ने सोमवार को लंच के बाद न्यायिक कार्य से विरत रहने का निर्णय लिया, जबकि विभिन्न स्थानों पर अधिवक्ताओं ने प्रदर्शन और विरोध जताया। झूंसी निवासी अधिवक्ता जागृति शुक्ला 20 मई की सुबह महिला अधिवक्ताओं के क्रिकेट टूर्नामेंट की तैयारी के लिए स्कूटी से प्रैक्टिस करने जा रही थीं। इसी दौरान इंदिरा गांधी चौराहे के पास उनके साथ सड़क हादसा हो गया। हादसे में उनके दोनों पैरों और सिर में गंभीर चोटें आईं। उन्हें तत्काल स्वरूप रानी नेहरू चिकित्सालय में भर्ती कराया गया। उपचार के दौरान हुआ था विवाद अस्पताल में उपचार के दौरान अधिवक्ताओं और जूनियर डॉक्टरों के बीच विवाद हो गया जो धक्का-मुक्की और मारपीट में बदल गया। घटना के बाद अस्पताल परिसर में तनाव का माहौल बन गया था। महिला अधिवक्ताओं ने आरोप लगाया था कि उनके साथ अभद्रता की गई और मारपीट की गई। वहीं डॉक्टरों की ओर से भी आरोप लगाए गए थे। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया था। विवाद के बाद निजी अस्पताल में ले गए विवाद के बाद परिजन जागृति शुक्ला को एक निजी अस्पताल ले गए, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें 21 मई को लखनऊ स्थित संजय गांधी पीजीआई रेफर कर दिया गया। लगभग 18 दिनों तक चले इलाज के बाद सोमवार को उनका निधन हो गया। निधन की सूचना मिलते ही शोक अधिवक्ता के निधन की सूचना मिलते ही इलाहाबाद हाई कोर्ट बार एसोसिएशन ने शोक व्यक्त किया। बार एसोसिएशन के सचिव अखिलेश शर्मा ने बताया कि दिवंगत अधिवक्ता के परिजनों को बार एसोसिएशन की ओर से पांच लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। साथ ही लंच के बाद न्यायिक कार्य से विरत रहने का निर्णय लिया गया है। इस बीच अंबेडकर मूर्ति चौराहे पर अधिवक्ताओं का एक समूह धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी अधिवक्ताओं की मांग है कि अधिवक्ताओं से मारपीट के आरोप में निलंबित डॉक्टरों के नाम सार्वजनिक किए जाएं तथा दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाए। अधिवक्ता रितेश श्रीवास्तव ने कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए। उधर, जनपद न्यायालय के अधिवक्ताओं ने कलेक्ट्रेट गेट के सामने प्रदर्शन करते हुए पुतला दहन किया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मामले में ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन और तेज किया जाएगा। वहीं कुछ अधिवक्ताओं ने सिविल लाइंस स्थित एकलव्य चौराहे पर जाम लगाकर विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि जब तक पीड़ित परिवार को समुचित सहायता और मामले में न्याय नहीं मिलता, उनका आंदोलन जारी रहेगा। डॉक्टर भी आंदोलन के रास्ते दूसरी ओर, अस्पताल के जूनियर डॉक्टरों ने भी ओपीडी सेवाएं बंद कर विरोध दर्ज कराया है। उनका आरोप है कि उनके एक साथी डॉक्टर को कुछ अज्ञात लोग घर से अपने साथ ले गए हैं। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है। गौरतलब है कि 20 मई को स्वरूप रानी नेहरू चिकित्सालय में अधिवक्ताओं और जूनियर डॉक्टरों के बीच हुआ विवाद चर्चा का विषय बना था। अब अधिवक्ता जागृति शुक्ला के निधन के बाद यह मामला एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है और दोनों पक्षों के बीच तनाव बढ़ गया है। मौत होते ही वकील सड़क पर, डॉक्टरों ने काम बंद किया इलाहाबाद हाईकोर्ट की अधिवक्ता जागृति शुक्ला की मौत के बाद प्रयागराज में उपजा विवाद मंगलवार को भी थमता नहीं दिखा। अधिवक्ताओं के एक गुट का धरना प्रदर्शन जारी रहा तो दूसरी ओर जूनियर डॉक्टर लगातार दूसरे दिन काम से विरत रहे। अधिवक्ता गिरफ्तारी की मांग पर अड़े हैं तो जूनियर डॉक्टरों ने अपने साथी सीनियर रेजीडेंट मोनिस अली को अवैध तरीके से हिरासत में रखने और उनकी रिहाई की मांग की। वहीं इससे पहले गमगीन माहौल में अधिवक्ता जागृति शुक्ला का अंतिम संस्कार दारागंज घाट पर हुआ। उन्हें मुखाग्नि पिता पवन कुमार शुक्ला ने दिया। इस दौरान बड़ी संख्या में अधिवक्ता व अन्य लोग मौजूद रहे। अधिवक्ता बोले- 48 घंटे का दिया है वक्त अधिवक्ता की इलाज के दौरान पीजीआई में मौत होने के बाद सोमवार को दिन भर बवाल चला था। हाईकोर्ट के साथ ही जिला कचहरी के अधिवक्ताओं ने प्रयागराज कानपुर हाईवे पर एकलव्य चौराह और प्रयागराज-लखनऊ हाईवे पर म्योहाल चौराहा जाम कर दिया था। म्योहाल चौराहे पर करीब चार घंटे तक प्रदर्शन के बाद रात 10 बजे जाम खत्म कर दिया गया था। उधर एकलव्य चौराहे पर देर रात जाम खत्म कराया जा सका। अधिवक्ताओं का दावा है कि पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए 48 घंटे का वक्त मांगा है। इस आश्वासन के बाद ही वह जाम खत्म करने को राजी हुए। हिरासत में लिया है तो चालान करे पुलिस: रितेश हालांकि अधिवक्ता रितेश श्रीवास्तव के नेतृत्व में अंबेडकर मूर्ति स्थल पर चल रहा धरना प्रदर्शन मंगलवार को भी जारी रहा। उन्होंने बताया कि जिस आरोपी डॉक्टर मोनिस को कथित तौर पर हिरासत में लिए जाने की बात कही जा रही है, उसका अब तक चालान नहीं किया गया है। जब तक उसका चालान नहीं होता, वह धरना प्रदर्शन जारी रखेंगे। इसके साथ ही निलंबित किए गए डॉक्टरों का नाम भी सार्वजनिक किए जाने की हमारी मांग है। बता दें कि रितेश पिछले पांच दिनों से लगातार धरने पर हैं। जूनियर डॉक्टरों ने दूसरे दिन भी काम नहीं किया वहीं दूसरी ओर जूनियर डॉक्टर भी अपने साथी डॉ. मोनिस अली के खिलाफ कार्रवाई किए जाने का आरोप लगाकर विरोध पर अड़े रहे। मंगलवार को भी उन्होंने ओपीडी में काम नहीं किया। इस दौरान इमरजेंसी सेवाएं ही जारी रहीं। इससे पहले सोमवार को उन्होंने कामकाज प्रभावित किया था। हालांकि एसआरएन अस्पताल के अफसरों का दावा है कि जूनियर डॉक्टरों की स्ट्राइक के बाद भी ओपीडी और इमरजेंसी सेवाएं बाधित नहीं हुईं। कंसल्टेंट व सीनियर डॉक्टरों की देखरेख में सभी सुविधाएं सुचारू रहीं। मरीजों से नोकझोंक के वीडियो भी सामने आएहालांकि एसआरएन अस्पताल प्रबंधन के दावों के बीच यह खबरें भी सामने आईं कि जूनियर रेजीडेंट के काम से विरत रहने के चलते मरीजों को परेशानी झेलनी पड़ी। कुछ वीडियोज भी सामने आए। इनमें उपचार न मिलने को लेकर मरीज परेशान होते दिखाई दिए और इस दौरान इनमें से कुछ तीमारदारों से डॉक्टरों से नोकझोंक भी हुई। रिहाई नहीं हुई तो करेंगे हड़ताल: एएमएएएमए प्रेसीडेंट अशोक कुमार मिश्रा ने दावा किया कि प्रशासन से पदाधिकारियों की वार्ता हुई है। इसमें आश्वास्त किया गया है कि मंगलवार रात तक सीनियर रेजीडेंट मोनिस अली की रिहाई कर दी जाएगी। अगर ऐसा नहीं हुआ तो डॉक्टर बुधवार से हड़ताल पर जाएंगे और इसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। हादसे से शुरू हुआ था विवादझूंसी निवासी अधिवक्ता जागृति शुक्ला 20 मई को सड़क हादसे में घायल हुई थीं। इलाज के दौरान एसआरएन अस्पताल में डॉक्टरों और अधिवक्ताओं के बीच विवाद हो गया था। करीब 18 दिन तक लखनऊ पीजीआई में उपचार के बाद सोमवार को उनकी मौत हो गई। इसके बाद अधिवक्ताओं का आक्रोश सड़कों पर फूट पड़ा और प्रयागराज-कानपुर व प्रयागराज-लखनऊ मार्ग घंटों जाम रहे।
चंडीगढ़ स्थित पंजाब यूनिवर्सिटी ने पीयूसीईटी-पीजी 2026 के लिए आवेदन प्रक्रिया बंद कर दी है। ऑनलाइन फॉर्म भरने, फीस जमा करने और जरूरी दस्तावेज अपलोड करने की आखिरी तारीख 9 जून थी। पीजी कोर्सों में दाखिला लेने के इच्छुक छात्रों को सभी जरूरी औपचारिकताएं समय पर पूरी करने को कहा गया है। एससी, एसटी, बीसी, पीडब्ल्यूडी वर्ग के अभ्यर्थी और फीस में छूट का दावा करने वाले पीयू कर्मचारी 10 जून तक अपने जरूरी दस्तावेज सीईटी सेल में जमा कर सकते हैं। यूनिवर्सिटी 14 जून को एडमिट कार्ड ऑनलाइन जारी करेगी। जिन छात्रों ने फीस जमा कर दी है, लेकिन फॉर्म पूरा नहीं किया है, वे 500 रुपए लेट फीस देकर 15 जून तक अपनी आवेदन प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। ऐसे छात्रों के एडमिट कार्ड और रोल नंबर 16 जून को सीईटी सेल से जारी किए जाएंगे। चार शहरों में होंगे एंट्रेंस टेस्ट पीयू ने पीयूसीईटी-पीजी 2026 की डेटशीट भी जारी कर दी है। प्रवेश परीक्षाएं 19, 20 और 21 जून को चंडीगढ़, लुधियाना, होशियारपुर और मुक्तसर स्थित परीक्षा केंद्रों में आयोजित की जाएंगी। एमए जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन, एमटेक (इंस्ट्रूमेंटेशन), एमएससी न्यूक्लियर मेडिसिन, एमए इंग्लिश, एमकॉम (मास्टर ऑफ एंटरप्रेन्योरशिप एंड फैमिली बिजनेस), एमएससी इंस्ट्रूमेंटेशन, एमएससी माइक्रोबायोलॉजी, एलएलएम, एमए जियोग्राफी, एमकॉम ऑनर्स, एमएससी एनवायरनमेंट साइंस, मास्टर इन पब्लिक हेल्थ, एमकॉम (बिजनेस इकोनॉमिक्स), एमएससी बायोफिजिक्स तथा एमएससी रिन्यूएबल एनर्जी एंड स्मार्ट मैटेरियल्स की परीक्षा होगी। 20 जून को इन कोर्सों के एंट्रेंस टेस्ट मास्टर्स इन डिजास्टर मैनेजमेंट, एमकॉम (बिजनेस इनोवेशन), एमएससी स्टेम सेल एंड टिश्यू इंजीनियरिंग, एमसीए, एमए इकोनॉमिक्स, एमएससी फिजिक्स (इलेक्ट्रॉनिक्स स्पेशलाइजेशन), मेडिकल फिजिक्स, बॉटनी, मास्टर्स इन हिस्ट्री, बायोकैमिस्ट्री, बायोटेक्नोलॉजी, ह्यूमन जीनोमिक्स, एमए सोशल वर्क, एग्जीक्यूटिव एमबीए, एग्जीक्यूटिव स्टैटिस्टिक्स और एमएससी फॉरेंसिक साइंस की परीक्षा आयोजित की जाएगी। 21 जून को इन कोर्सों की परीक्षा 21 जून को एमए जियो-इन्फॉर्मेटिक्स, एमएससी कंप्यूटर साइंस (डेटा साइंस), एमएससी जूलॉजी, माइक्रोबियल बायोलॉजी, जियोलॉजी, केमिस्ट्री, मैथेमेटिक्स, एमपीए, बीपीएड और एमएससी सिस्टम बायोलॉजी एंड बायोइन्फॉर्मेटिक्स/बायोइन्फॉर्मेटिक्स कोर्सों के लिए प्रवेश परीक्षा आयोजित की जाएगी। यूनिवर्सिटी ने कहा है कि पात्रता, दाखिला प्रक्रिया और परीक्षा के पूरे शेड्यूल की जानकारी पीयूसीईटी-पीजी पोर्टल पर उपलब्ध है। अभ्यर्थी वहां जाकर सभी जरूरी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
कटनी में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन से जुड़ी ग्रामीण महिलाओं के लिए प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना के तहत पंजीयन शुरू हो गए हैं। इस योजना के अंतर्गत, स्व-सहायता समूहों की पात्र महिलाओं को 60 साल की आयु पूरी होने पर 3 हजार रुपए मासिक पेंशन मिलेगी। योजना के क्रियान्वयन के लिए ढीमरखेड़ा जनपद पंचायत सभागार में विशेष पंजीयन शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इन शिविरों में 18 से 40 साल आयु वर्ग की पात्र महिलाओं के दस्तावेजों का सत्यापन, थंब इंप्रेशन और पंजीयन किया जा रहा है। हालांकि, आयु सीमा के बंधन के कारण कुछ आदिवासी महिलाएं निराश होकर लौटीं। उन्होंने इस आयु सीमा को हटाने की मांग की है। इस योजना में 3 हजार रुपए खातों में मिलेगी एनआरएलएम की ब्लॉक प्रबंधक जया कोष्ठी ने बताया कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य असंगठित क्षेत्र से जुड़ी महिलाओं का भविष्य सुरक्षित करना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि 18 से 40 वर्ष के बीच पंजीयन कराने वाली महिलाओं को 60 वर्ष की आयु पूरी होने पर हर महीने 3 हजार रुपए की निश्चित पेंशन राशि सीधे उनके बैंक खातों में मिलेगी। आंकड़ों के अनुसार, ढीमरखेड़ा जनपद पंचायत क्षेत्र में वर्ष 2017 से अब तक लगभग 2,204 स्व-सहायता समूह गठित किए गए हैं। इन समूहों से करीब 30 हजार महिलाएं सक्रिय रूप से जुड़ी हैं। विभागीय अनुमान है कि शुरुआती चरण में 18 से 40 वर्ष आयु वर्ग की लगभग 10 हजार महिलाओं को इस पेंशन योजना का सीधा लाभ मिल सकता है। उम्र के बंधन से कई महिलाएं निराश राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत स्व-सहायता समूह की महिलाएं बैंक ऋण लेकर विभिन्न आर्थिक गतिविधियों में संलग्न हैं। इनमें मुर्गी पालन, स्कूली बच्चों के गणवेश वितरण, नल-जल योजना का संचालन, सार्वजनिक वितरण प्रणाली (राशन दुकान) का संचालन, जैविक खेती, वाटरशेड योजना के तहत 94 भैंसों का वितरण एवं दुग्ध उत्पादन, तथा सिलाई-कढ़ाई जैसे कार्य शामिल हैं। पेंशन की खबर सुनकर समूह की महिलाओं ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होंने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि बुढ़ापे में उन्हें पेंशन का सहारा मिलेगा। आदिवासी महिलाओं ने सरकार से गुहार लगाई जहां एक ओर युवा महिलाओं में उत्साह है, वहीं दूसरी ओर कुछ मायूसी की तस्वीरें भी सामने आईं। जनपद कार्यालय के बाहर बैठी आदिवासी ग्राम कोठी की कुछ महिलाओं ने अपनी व्यथा साझा की। वे भी योजना का लाभ लेने और पंजीयन कराने जनपद कार्यालय पहुंची थीं, लेकिन उनकी उम्र 40 वर्ष से अधिक होने के कारण पोर्टल पर उनका पंजीयन स्वीकार नहीं हो सका। निराश होकर पेड़ की छांव में बैठी इन आदिवासी महिलाओं ने सरकार से गुहार लगाई है कि स्व-सहायता समूह से जुड़ी समस्त महिलाओं को इस योजना का लाभ दिया जाए। उनके लिए उम्र का यह कड़ा प्रतिबंध हटाया जाए, ताकि बुढ़ापे की लाठी हर जरूरतमंद महिला को मिल सके।
नर्मदापुरम में नर्मदा नदी के प्रतिबंधित क्षेत्र में शराब की तस्करी का मामला सामने आया है। कोतवाली पुलिस ने मंगलवार रात बीटीआई नर्मदा मंदिर रोड पर कार्रवाई करते हुए एक कार से 16 पेटी अंग्रेजी शराब बरामद की है। पुलिस ने शराब के साथ एक युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने पूछताछ में बताया कि वह भोपाल से शराब लेकर नर्मदापुरम बेचने के लिए आया था। पुलिस ने शराब के साथ कार भी जब्त कर ली है। मुखबिर की सूचना पर की कार्रवाई कोतवाली थाना पुलिस को मंगलवार रात मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक सफेद रंग की स्विफ्ट डिजायर कार क्रमांक MP 04 ZS 8355 में एक व्यक्ति अवैध शराब लेकर बीटीआई नर्मदा मंदिर क्षेत्र की ओर आ रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम सक्रिय हुई और बताए गए स्थान पर पहुंचकर वाहन की घेराबंदी की। कार रोककर ली तलाशी पुलिस टीम ने संदिग्ध कार को रोककर उसकी तलाशी ली। तलाशी के दौरान कार की डिक्की में बड़ी मात्रा में अंग्रेजी शराब रखी मिली। पुलिस को कार से 10 पेटी ऑफिसर्स च्वाइस अंग्रेजी शराब और 6 पेटी गोआ ब्रांड की अंग्रेजी शराब (180 एमएल) बरामद हुई। कुल 16 पेटी शराब की अनुमानित कीमत करीब 70 हजार रुपए बताई गई है। आरोपी को मौके से किया गिरफ्तार कार चला रहे युवक की पहचान गणेश सिंह रघुवंशी के रूप में हुई। वह मूल रूप से पटेल नगर, शहडोल का निवासी है और वर्तमान में भोपाल के कौशल्या नगर, अवधपुरी क्षेत्र में रह रहा था। पुलिस ने आरोपी को मौके से गिरफ्तार कर उसके खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत कार्रवाई शुरू कर दी है। भोपाल से बेचने के लिए लाई गई थी शराब पूछताछ के दौरान आरोपी ने पुलिस को बताया कि वह भोपाल से शराब लेकर नर्मदापुरम आया था। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि शराब शहर में बेचने के उद्देश्य से लाई जा रही थी। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी किन लोगों को शराब की सप्लाई करने वाला था और उसके नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं। नर्मदा किनारे शराब बिक्री पर है प्रतिबंध गौरतलब है कि नर्मदापुरम में नर्मदा नदी से पांच किलोमीटर के दायरे में शराब की बिक्री, खरीद और सेवन पर प्रतिबंध लागू है। इसी कारण शहर की सीमा के भीतर कोई अधिकृत शराब दुकान संचालित नहीं होती। सभी वैध शराब दुकानें शहर से बाहर निर्धारित दूरी पर संचालित की जाती हैं। प्रतिबंध के बावजूद जारी है अवैध कारोबार प्रतिबंध के बावजूद शहर में अवैध रूप से शराब पहुंचाने और बेचने का कारोबार लगातार सामने आता रहा है। स्थानीय स्तर पर शराब माफिया विभिन्न माध्यमों से शराब लाकर अलग-अलग क्षेत्रों में बिक्री करते हैं। ऐसे मामलों को लेकर आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठते रहे हैं। हालांकि पुलिस समय-समय पर कार्रवाई कर अवैध शराब कारोबार पर अंकुश लगाने का प्रयास कर रही है। पुलिस टीम ने निभाई अहम भूमिका इस कार्रवाई में एसआई विशाल नागवे, प्रधान आरक्षक विनोद लिखितकर, प्रधान आरक्षक रितेश यदुवंशी, आरक्षक पंकेश बघेला, गजेन्द्र डडोरे और धर्मेन्द्र परिहार शामिल रहे। टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया और शराब सहित कार को जब्त कर लिया। आगे की जांच जारी पुलिस अब जब्त शराब के स्रोत, उसकी खरीद-बिक्री के नेटवर्क और संभावित ग्राहकों के बारे में जानकारी जुटा रही है। अधिकारियों का कहना है कि अवैध शराब कारोबार से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका भी जांच के दायरे में है और मामले में आगे की कार्रवाई जारी रहेगी।
पूर्णिया के सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने समाज में महिलाओं की स्थिति, बेटियों की बढ़ती प्रतिभा और तिलक-दहेज जैसी कुरीतियों पर अपनी राय रखी है। पूर्णिया में दरोगा बहाली में चयनित हुई छात्राओं के सम्मान समारोह में पहुंचे सांसद ने कहा कि इस देश में महिलाओं की पूजा तो हमेशा की गई, लेकिन उन्हें कभी वह सम्मान नहीं मिला जिसकी वे हकदार थीं। पप्पू यादव ने अपने संबोधन की शुरुआत प्राचीन काल में माताओं को मिलने वाले महत्व से की। उन्होंने पौराणिक उदाहरण देते हुए कहा कि पहले मातृत्व को प्राथमिकता दी जाती थी। जैसे कुंती-पुत्र, कैकेयी-पुत्र कहा जाता था। पहले माँ के नाम से हमारा परिवार या हमारा समाज जाना जाता था। उन्होंने वर्तमान समय पर चिंता जताते हुए कहा कि आज की स्थिति बदल चुकी है। महिलाओं को सिर्फ धार्मिक प्रतीकों में समेट दिया गया है। उन्होंने कहा कि आप उठाकर देख लीजिए, भगवान शिव के बिना पार्वती की अकेले कहीं मूर्ति नहीं दिखेगी। काली और दुर्गा को छोड़ दें, तो समाज में सीता, अहिल्या, कौशल्या, मीरा या राधा की वैसी मूर्तियां या स्वतंत्र पहचान स्थापित नहीं होने दी गई। बेटियां बन रही हैं जीनियस, अब कुरीतियों को नष्ट करने का समय बेटियों की तारीफ करते हुए पूर्णिया सांसद ने कहा कि आज हमारी बेटियां लगातार अधिक प्रतिभाशाली और 'जीनियस' होती जा रही हैं। वे हर क्षेत्र में अपना लोहा मनवा रही हैं। अब समय आ गया है कि समाज की उन तमाम रूढ़िवादी और अमानवीय परंपराओं को पूरी तरह नष्ट कर दिया जाए जो महिलाओं को पीछे धकेलती हैं। उन्होंने विशेष रूप से दहेज प्रथा, भ्रूण हत्या, सती प्रथा, विधवाओं के साथ होने वाले भेदभाव और 'बांझ' जैसे अपमानजनक शब्दों के इस्तेमाल को समाज से उखाड़ फेंकने का आह्वान किया। पप्पू यादव का तिलक-दहेज पर नया फॉर्मूला तिलक और दहेज की कुप्रथा पर प्रहार करते हुए पप्पू यादव ने एक अनोखा और सख्त फॉर्मूला सुझाया, जिसे सुनकर वहां मौजूद लोगों ने तालियों से उनका स्वागत किया। उन्होंने कहा कि - “हम तिलक-दहेज की कुप्रथा के पूरी तरह खिलाफ हैं. अब समय बदल चुका है। जब बेटियां इतनी सक्षम हैं, तो शादी का पूरा खर्चा लड़के वालों को उठाना चाहिए।” लड़के के बाप को ही तिलक लगा दें : पप्पू यादव उन्होंने मजाकिया लहजे में कहा, यदि कोई लड़के का बाप चुपचाप या छिपकर भी तिलक (दहेज) लेता है, तो अब लड़की वालों को अधिकार है कि वे सरेआम लड़के के बाप को ही 'तिलक' (सबक) लगा दें। पप्पू यादव के इस बयान के दौरान कार्यक्रम में मौजूद युवाओं और विशेषकर महिलाओं व बच्चियों में भारी उत्साह देखा गया। जैसे ही उन्होंने बेटियों के सम्मान और दहेज लोभियों को सबक सिखाने की बात कही, पूरा हॉल तालियों और ठहाकों से गूंज उठा। वहां मौजूद कई युवतियां इस पल को अपने मोबाइल कैमरों में कैद करती नजर आईं।
देहरादून में बेटे की चाहत में पति ने आठ महीने की गर्भवती पत्नी के पेट में लात-घूंसे मारने के साथ करंट लगा दिया, जिससे गर्भ में पल रही बच्ची की मौत हो गई। घटना विकासनगर के सहसपुर क्षेत्र की है। ऑपरेशन के जरिए मंगलवार को मृत शिशु को बाहर निकाला गया। पीड़िता की दून अस्पताल में हालत गंभीर बनी हुई है। आरोप है कि कुछ दिन पहले पति ने हरियाणा के पानीपत में गैरकानूनी तरीके से पत्नी का लिंग परीक्षण करवाया था। गर्भ में बेटी होने की पुष्टि होने के बाद नाराज पति ने पत्नी की पिटाई कर दी। 5 पॉइंट में पूरी खबर… 1. शादी के बाद से बेटियों को लेकर प्रताड़ना- देहरादून के बालूवाला (विकासनगर) निवासी शेरसिंह की बेटी सीमा की शादी 7 साल पहले बबलू (निवासी पानीपत, हरियाणा; हाल निवासी जस्सोवाला, विकासनगर) से हुई थी। सीमा की पहले से दो बेटियां थीं, जिससे बबलू खुश नहीं था और वह लगातार सीमा के साथ मारपीट व प्रताड़ना करता था। 2. जबरन लिंग परीक्षण कराया- सीमा इस बार आठ महीने की गर्भवती थी। आरोप है कि चार-पांच दिन पहले पति बबलू उसे जबरदस्ती हरियाणा के पानीपत ले गया और वहां गैर-कानूनी तरीके से भ्रूण का लिंग परीक्षण कराया। जांच में जैसे ही गर्भ में तीसरी बार भी बेटी होने की पुष्टि हुई, वह आगबबूला हो गया। 3. लात-घूंसों, डंडे से पिटाई और करंट लगाकर हत्या का प्रयास- शनिवार को विकासनगर में विवाद के दौरान बबलू ने हैवानियत की सारी हदें पार कर दीं। उसने आठ महीने की गर्भवती सीमा के पेट पर लात-घूंसों से वार किए और लकड़ी के डंडे से बुरी तरह पीटा। इतना ही नहीं, उसने टब में पानी भरकर सीमा को करंट लगाकर जान से मारने की कोशिश भी की। इस बेरहम पिटाई के कारण पेट में पल रही आठ माह की बच्ची की गर्भ में ही मौत हो गई। 4. पिता को रोकने की कोशिश- घटना की भनक लगते ही जब पीड़िता के पिता शेरसिंह अपनी बेटी से मिलने पहुंचे, तो आरोपी दामाद बबलू ने उन्हें मिलने से रोक दिया। इसके बाद पिता ने तुरंत पुलिस हेल्पलाइन पर कॉल कर मदद मांगी। पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी पति व पीड़िता को सहसपुर कोतवाली लेकर आई। 5. दून अस्पताल में ऑपरेशन और पीड़िता की गंभीर हालत- सीमा की नाजुक हालत को देखते हुए पहले उसे सहसपुर अस्पताल ले जाया गया, जहां से डॉक्टरों ने उसे दून अस्पताल रेफर कर दिया। दून अस्पताल में डॉक्टरों ने पेट में पल रहे शिशु के मृत होने की पुष्टि की और मंगलवार को ऑपरेशन के जरिए मृत बच्ची के शव को बाहर निकाला। पीड़िता सीमा की हालत अब भी गंभीर बनी हुई है। सहसपुर के कोतवाल प्रदीप रावत ने बताया कि पीड़िता के पिता की तहरीर पर आरोपी पति बबलू के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। अब पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि पानीपत में किन अवैध अल्ट्रासाउंड केंद्रों और डिस्पेंसरियों के बंद दरवाजों के पीछे लिंग परीक्षण का यह काला कारोबार फल-फूल रहा था।
सतना जिले की कोठी पुलिस ने एक 85 वर्षीय बुजुर्ग को सरकारी दस्तावेजों में मृत घोषित कर उनकी पुश्तैनी जमीन बेचने के मामले में बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने इस मामले में निलंबित पटवारी प्रवीण सिंह और पीड़ित के दो सगे भतीजों के खिलाफ धोखाधड़ी सहित गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, कोठी निवासी 85 वर्षीय ईश्वरदीन सोनी वर्तमान में सतना के कामता टोला में अपने परिवार के साथ रहते हैं। कोठी में उनके नाम पर 0.1680 हेक्टेयर पुश्तैनी जमीन है। आरोप है कि उनके भतीजों रामकरण सोनी और कताहुर सोनी ने इस जमीन को हड़पने की साजिश रची। उन्होंने एक पार्षद से फर्जी पंचनामा रिपोर्ट बनवाई और तत्कालीन हल्का पटवारी प्रवीण सिंह से सांठगांठ कर 12 जून 2025 को जमीन का वारसाना-नामांतरण अपने नाम करवा लिया। इसके बाद आरोपियों ने छलपूर्वक हासिल की गई यह जमीन 9 लाख रुपये में बेच दी। कलेक्टर की जनसुनवाई में खुली धोखाधड़ी की पोलजब बुजुर्ग ईश्वरदीन सोनी को अपने साथ हुई इस धोखाधड़ी का पता चला, तो उन्होंने जनसुनवाई में पहुंचकर कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस से न्याय की गुहार लगाई। मामले की गंभीरता को देखते हुए कलेक्टर ने तत्काल जांच के निर्देश दिए। प्रशासनिक पड़ताल में इस पूरे फर्जीवाड़े का पर्दाफाश हो गया। तहसीलदार की रिपोर्ट पर दर्ज हुआ मामलावरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर कोठी तहसीलदार सौरभ द्विवेदी ने मंगलवार को अपनी जांच रिपोर्ट कोठी थाने में प्रस्तुत की। इसी रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने आरोपी रामकरण सोनी, कताहुर सोनी और तत्कालीन पटवारी प्रवीण सिंह के खिलाफ बीएनएस (BNS) की धारा 318(4) और 61 के तहत अपराध क्रमांक 159/26 दर्ज कर लिया है। पुलिस अब मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।
सतना में एटीएम बदलकर ठगी करने का मामला:आरोपी गिरफ्तार, दूसरा साथी पहले से नागौद जेल में बंद
सतना में एटीएम कार्ड बदलकर लोगों के खातों से पैसे निकालने वाले गिरोह के एक सदस्य को सभापुर पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है। इस मामले का दूसरा आरोपी पहले से ही नागौद जेल में बंद है। पुलिस के अनुसार, बमुरहा निवासी धीरज प्रसाद मिश्रा ने 21 अक्टूबर 2025 को सभापुर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि 20 अक्टूबर 2025 को वह बिरसिंहपुर नगर परिषद स्थित इंडिया एटीएम से रुपए निकालने गए थे। वहां मौजूद एक व्यक्ति ने चालाकी से उनका एटीएम कार्ड बदल लिया। कुछ समय बाद धीरज प्रसाद मिश्रा के मोबाइल पर खाते से रकम कटने के संदेश आने लगे, तब उन्हें धोखाधड़ी का पता चला। शिकायत के आधार पर पुलिस ने एटीएम बदलकर धोखाधड़ी करने का मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने आरोपी राज हामिद खान (28 वर्ष) को गिरफ्तार कर लिया। राज हामिद खान देवेंद्रनगर, जिला पन्ना का निवासी है और वर्तमान में खिरवा टोला, नागौद में रह रहा था। पूछताछ के बाद उसे न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया। इस मामले का दूसरा आरोपी लखन सिंह परमार, जो मकरी, थाना बृजपुर, जिला पन्ना का निवासी है, पहले से ही नागौद जेल में बंद है।
कानपुर में कल से आंधी-बारिश का अलर्ट:मंगलवार जून का सबसे गर्म दिन, तापमान 43.9 डिग्री पहुंचा
कानपुर में भीषण गर्मी का असर लगातार बढ़ता जा रहा है। बुधवार सुबह से धूप निकली है। वहीं पिछले 24 घंटों में तापमान 43.9C तक पहुंच गया। जो अब तक जून में सबसे गर्म रहा। अधिकतम तापमान में 2.5 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई। वहीं मंगलवार को गर्मी से बचाव के लिए लोग सिर पर गमछा, टोपी या कपड़ा रखकर घरों से निकलते नजर आए। कई लोगों ने मुंह ढककर धूप और लू से बचने का प्रयास किया। वहीं, शहर के विभिन्न स्थानों पर सामाजिक संगठनों और स्थानीय लोगों की ओर से राहगीरों के लिए शर्बत और ठंडे पेयजल की व्यवस्था भी की गई। मौसम विभाग ने कल से आंधी बारिश का अलर्ट जारी किया है। इससे गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है। सड़कों पर कम दिखे लोग दोपहर के समय प्रमुख बाजारों और व्यस्त मार्गों पर सामान्य दिनों की तुलना में कम भीड़ दिखाई दी। जरूरी काम से बाहर निकले लोग धूप से बचने के लिए छाता, गमछा और चेहरे पर कपड़ा बांधकर चलते नजर आए। सामाजिक संगठनों ने भी जगह-जगह शर्बत और पेयजल वितरण कर राहगीरों को राहत देने का प्रयास किया। अगले 72 घंटे तक राहत नहीं मौसम विशेषज्ञ डॉ. एसएन सुनील पांडेय ने बताया कि अगले 72 घंटे तक मौसम शुष्क बना रहेगा और तेज धूप निकलने की संभावना है। इस दौरान तापमान ऊंचे स्तर पर बना रह सकता है। लू भीू चलेगी। मौसम विभाग ने 13 और 14 जून को आंधी और बारिश की संभावना जताई है। विशेषज्ञों का मानना है कि इन दिनों मौसम में बदलाव होने पर तापमान में कुछ गिरावट दर्ज हो सकती है, जिससे लोगों को गर्मी से आंशिक राहत मिलने की उम्मीद है।
सिरसा जिले के डबवाली शहर में बठिंडा चौक स्थित दिल्ली बैरिंग स्टोर पर इनकम टैक्स विभाग की टीम ने रेड मारी और लगभग 7 घंटे तक जांच अभियान चलाया। इस दौरान दुकान के रिकॉर्ड और दस्तावेजों की गहन पड़ताल की गई। जिससे पूरे दिन क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना रहा। जानकारी के अनुसार, आयकर विभाग की टीम मंगलवार सुबह करीब 11:30 बजे स्टोर पर पहुंची और जांच प्रक्रिया शुरू की। कार्रवाई के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने और जांच में बाधा से बचने के लिए पुलिस बल भी मौके पर तैनात रहा। पुलिसकर्मियों ने किसी को भी दुकान के अंदर जाने की अनुमति नहीं दी। देर शाम तक ये जांच चली। विभागीय अधिकारियों की टीम ने दुकान से संबंधित विभिन्न वित्तीय रिकॉर्ड, बिल, खातों और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेजों की जांच की। जांच के चलते दुकान के आसपास लोगों की भीड़ भी जमा हो गई थी। डीईटीसी बोलीं- ये नियमित जांच थी आयकर विभाग की डीईटीसी अधिकारी अंजू सिंह ने बताया कि दिल्ली बैरिंग स्टोर पर यह एक नियमित जांच थी। उन्होंने पुष्टि की कि जांच के दौरान कुछ आवश्यक दस्तावेज एकत्र किए गए हैं, जिनकी विभागीय स्तर पर समीक्षा की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह फिलहाल एक सामान्य जांच कार्रवाई है और दस्तावेजों के परीक्षण के बाद ही आगे की स्थिति स्पष्ट हो पाएगी। विभाग द्वारा जांच पूरी करने के बाद टीम शाम को रवाना हुई। इस कार्रवाई के बाद शहर के व्यापारिक वर्ग में भी चर्चा बनी रही, हालांकि अधिकारियों ने किसी भी प्रकार की अनियमितता की पुष्टि नहीं की।
मेरठ में सड़क पर खुले में शराब पीने वालों को रोकने में नाकाम चौकी प्रभारी आबूलेन विनय कुमार सिंह पर एसएसपी अविनाश पांडेय ने कार्रवाई करते हुए मंगलवार देर रात हटा दिया। उनको गंगानगर थाना भेजा गया है। इस पूरे मामले में सदर के कई और पुलिसकर्मी भी कार्रवाई के दायरे में आए हैं। हालांकि एसओ लालकुर्ती पर कार्रवाई ना होना भी चर्चा में है। एसपी सिटी विनायक गोपाल भोसले ने दो दिन पहले रात में अचानक कैंट सर्किल का निरीक्षण किया। वह सादे कपड़ों में सड़क पर उतरे तो देखा बेगमपुल के आस पास सड़क किनारे जमकर शराब पी जा रही है। उन्होंने 11 लोगों को हिरासत में लेकर थाने भिजवा दिया। लेकिन साथ ही एसओ लालकुर्ती हरेंद्र पाल सिंह जादौन और आबूलेन चौकी प्रभारी विनय कुमार सिंह से नाराजगी भी जताई। माना जा रहा था कि दोनों कार्रवाई के दायरे में भी आ सकते हैं। मंगलवार रात एसएसपी अविनाश पांडेय ने विनय कुमार सिंह पर कार्रवाई कर दी। एसओ लालकुर्ती पर नहीं हुई कार्रवाई इस पूरी कार्रवाई में एसओ लालकुर्ती हरेंद्र पाल सिंह जादौन पर कार्रवाई ना होना चर्चा में है। उनके चौकी इंचार्ज तक पर कार्रवाई नहीं की गई। दरअसल, जिस जगह से शराब पीने वालों को पकड़ा गया था, वह लालकुर्ती थाना क्षेत्र का हिस्सा है। माना जा रहा था कि यहां के चौकी इंचार्ज पर तो कार्रवाई होगी ही लेकिन ना चौकी इंचार्ज और ना ही एसओ पर कोई कार्रवाई की गई। सदर थाने से कई को हटाया गया एसपी सिटी की रिपोर्ट के बाद एसएसपी ने सदर थाने से कई पुलिसकर्मियों को इधर से उधर किया है। प्रभारी चौकी सदर बाजार बलबीर सिंह को हटाकर पुलिस लाइन भेज दिया गया है। इसके अलावा दरोगा भुवनेश्वर यादव को थाने से हटाकर सदर बाजार चौकी की जिम्मेदारी दी है। दरोगा शशि को थाने से हटाकर मिशन शक्ति केंद्र का प्रभार दिया गया है। इन पर भी की कई कार्रवाई एसएसपी ने जानी थाने में तैनात दरोगा आयुषी को आशा ज्योति केंद्र का प्रभारी बनाया है। थाना हस्तिनापुर से अमित तिवारी को चौकी प्रभारी भद्रकाली हस्तिनापुर बनाया है। थाना परतापुर के मोहिउद्दीनपुर चौकी प्रभारी सत्यम दीक्षित को सरूरपुर की करनावल चौकी की जिम्मेदारी दी है। दरोगा नवाब सिंह को लालकुर्ती थाने से गंगानगर, मिशन शक्ति केंद्र कोतवाली प्रभारी अंजू देवी को हस्तिनापुर थाने के मिशन शक्ति केंद्र का प्रभारी बनाया गया है। डायर 112 पर दी जिम्मेदारी थाना इंचौली में तैनात दरोगा शिवशंकर सिंह को वहां से हटाकर डायर 112 भेजा गया है। उनके साथ पुलिस लाइन से दरोगा हरपाल सिंह को भी डायल 112 में तैनाती दी गई है। डायल 112 के दरोगा आदित्य शरण को यूपी 112 से सम्मन सेल भेजा गया है। दरोगा शिवनारायण सिंह को पुलिस लाइन से मोहिउद्दीनपुर का चौकी प्रभारी बनाया गया है। थाना सरूरपुर के एसएसआई संजय यादव को कोतवाली की बनियापाढ़ा चौकी का प्रभारी बनाया गया है। थाना खरखौदा से महिला दरोगा राजकुमारी को कोतवाली मिशन शक्ति केंद्र का प्रभारी बनाया गया है।
पाई-पाई जोड़कर आशियाना बनाया, ताकि बच्चे खुशनुमा जीवन जी सकें, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। उल्दन बांध आया और हम बर्बाद हो गए। जिस उम्र में बच्चों को सबकुछ सौंपकर माला जपते हुए भजन करना था, उस 75 साल की उम्र में बेघर हो गए। बुढ़ापे में घर और गांव छोड़ना पड़ रहा है। अब कहां जाएंगे और कैसे रहेंगे? कुछ पता नहीं। मुनादी सुनकर रातों की नींद उड़ गई है। हर वक्त यही डर सताता है कि अब सिर छिपाने के लिए छत कहां मिलेगी? यह दर्द है उल्दन डैम प्रोजेक्ट के प्रभावित सलैया खुर्द गांव के देव सिंह राजपूत का। दरअसल, सागर जिले के बंडा ब्लॉक में उल्दन गांव के पास बन रहे उल्दन बांध का काम लगभग पूरा हो चुका है। नाला क्लोजर का काम अंतिम चरण में है। इसी बारिश से बांध में पानी भरना शुरू होगा। बांध की जद में आ रहे 17 गांवों में सलैया खुर्द गांव पूरी तरह से पानी में समा जाएगा। इस साल बांध में पानी भरने से 386 मकान व संरचनाएं प्रभावित होगीं। इसमें 312 स्थायी और 74 अस्थायी प्रकृति की हैं। डूब प्रभावितों को विस्थापित करने का काम शुरू हो गया है। पनारी और पिथौली गांव में प्रभावितों को जमीन उपलब्ध कराई गई है, जिसके उन्हें पट्टे भी दिए गए हैं। दैनिक भास्कर टीम सलैया गांव पहुंची। यहां रहने वालों से बात की। उनके दर्द को समझा। पढ़िए रिपोर्ट… तीन तस्वीरों में देखिए गांव और बांध… बच्चों को पढ़ाने बाहर गई तो कर दिया अपात्र सलैया खुर्द की रहने वाली सावित्री बाई कहती हैं- सरकार गांव छुड़ा रही है। मैं और मेरे तीन बेटे हैं। एक बेटे को पैसा दे दिया। वहीं दो बेटों को मुआवजा नहीं मिला। छोटे बेटे की शादी नहीं हुई है। हमें तो अपात्र घोषित कर दिया। एक मकान का मुआवजा दिया, लेकिन दूसरे मकान और करीब तीन एकड़ जमीन पर मुआवजा नहीं मिला है। अधिकारी कहते हैं- तुम यहां नहीं रहती हो। मैं तो बच्चों को पढ़ाने के लिए कर्रापुर में किराए से रहती थी। सबकुछ तो मेरा गांव में ही है। यह बात पूरा गांव जानता है। कलेक्टर, एसडीएम से लेकर सीएम हेल्पलाइन तक पर शिकायत की, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। अब घर खाली कर गांव से बाहर जाने का फरमान जारी कर दिया गया है। समझ नहीं आ रहा कहां जाएं। अब न रहने को घर है और न ही खेती। छोटे बच्चे छोड़कर पति चला गया, मेहनत कर बनाया था घर मीरा बाई बताती हैं- छोटे-छोटे बच्चे छोड़कर पति छोड़कर चला गया। पूरे घर का भार मुझ पर आ गया। मेहनत, मजदूरी कर बच्चों को बड़ा किया। घर बनाया। दो बच्चे हैं। उनकी शादी करना थी, लेकिन अब प्रशासन गांव से भगा रहा है। पहाड़ पर रहने के लिए कह रहा। मेरे पति नहीं हैं। बच्चे बाहर जाएंगे तो मैं अकेली कैसे पहाड़ पर रहूंगी। प्रशासन मुझे उचित मुआवजा और जगह दे। मुआवजे के नाम पर 6.36 लाख रुपए दिए गजराज लोधी कहते हैं- 250 साल पुराना हमारा सलैया गांव डूब में आया तो यहां का हर व्यक्ति बर्बाद हो गया। गांव में करीब 40 घर हैं। इनमें 105 परिवार रहते हैं। मुआवजे के नाम पर 6.36 लाख रुपए का पैकेज दिया गया है। एक एकड़ जमीन का मुआवजा 2.80 लाख रुपए दिया गया। प्रशासन को भी यह पता है कि विस्थापित होकर जाएंगे, इतने मुआवजे में मकान भी नहीं बना पाऊंगा। मकान बना भी लिया तो पेट भरने के लिए जमीन कैसे खरीदूंगा। अब रहने और खाने की कोई व्यवस्था नहीं है। कमलेश यादव बताते हैं- हम 6 भाई हैं। पिता के नाम पर जमीन और मकान था। हम लोग तो भगवान भरोसे जा रहे हैं। पढ़ाई कर रहा था, इसलिए अपात्र बना दिया गांव के युवा वृंदावन लोधी ने बताया कि वह 24 साल का है। घर में रहकर पढ़ाई कर रहा था। मुझे डूब प्रभावितों में शामिल नहीं किया गया। एसडीएम से बात की तो उन्होंने कहा कि तुम पढ़ाई कर रहे हो। इसलिए अपात्र किया है। मेरा बचपन इसी गांव में बीता। अब गांव छोड़ना पड़ रहा है। गांव के करीब 88 लोग ऐसे हैं, जिन्हें मुआवजा नहीं मिला, जिन्हें मुआवजा मिला, वह उससे न तो मकान बना पाएंगे, न जमीन खरीद पाएंगे। आंखों में हताशा लिए खुद उजाड़ रहे आशियाना प्रशासन की तरफ से बेदखली का अल्टीमेटम मिलने के बाद अब ग्रामीणों के पास कोई रास्ता नहीं बचा है। चिलचिलाती धूप और भीषण गर्मी में लोग गैंती-हथौड़ा लेकर अपने घरों को तोड़ रहे हैं। दरवाजे, खिड़कियां और छत का जो भी मटेरियल बच सकता है, उसे निकालकर ट्रैक्टरों में भरकर ले जा रहे हैं। इन सबके बीच गांव के मासूम बच्चे सहमे हुए एक-दूसरे का चेहरा देख रहे हैं। उन्हें समझ नहीं आ रहा कि जिस आंगन में वे कल तक खेलते थे, वह कुछ दिनों में पानी के भीतर समा जाएगा। विस्थापन के लिए प्रशासन ने पनारी और पिथौली में जमीन के पट्टे तो दे दिए, लेकिन बुनियादी सुविधाओं और नाकाफी मुआवजे के अभाव में ग्रामीणों का भविष्य अंधकार में लटका है। प्रोजेक्ट में ये गांव हो रहे प्रभावित प्रोजेक्ट मैनेजर अनिरुद्ध आनंद ने बताया- परियोजना में सलैया खुर्द, पुरा बिनेका, बमूरा बिनेका, मुडिया गुसाईं और आंशिक प्रभावित उल्दन, किरौला, कुल्ल, बहरोल, पिपरिया इल्लाई, हनौता उवारी, सेमरा अहीर, कोटिया, पिथौली, पहरगुवां गांव डूब में आ रहे हैं। इसी साल से बांध में पानी भरा जाएगा। पहले साल जल भराव में ही 457 मीटर पर बहरोल, उल्दन, पिपरिया इल्लाई, सलैया खुर्द, हनौता उबारी, किरोला, कुल्ल तहसील बंडा और मुडिया गुसाईं तहसील मालथौन के करीब 386 मकान डूब क्षेत्र में आएंगे, जिनका विस्थापन कराया जा रहा है। बांध से सागर और छतरपुर जिले में 80 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई का लक्ष्य है, जिसमें बंडा तहसील में 35253 हेक्टेयर सिंचित भूमि, मालथौन तहसील में 16266 हेक्टेयर, बक्सवाहा (छतरपुर) में 13379 हेक्टेयर और शाहगढ़ तहसील में 10675 हेक्टेयर भूमि सिंचित होगी। बहरोल-बंडा, गढ़पहरा-धामोनी मार्ग जलमग्न होगा बांध में जल भराव और अधिक बारिश होने से कैचमेंट एरिया में पानी जमा होगा। जल भराव होने से बंडा-बांदरी मार्ग, गढ़पहरा-धामोनी मार्ग, बहरोल-उल्दन-बंडा मार्ग समेत अन्य लोकल मार्ग बंद होंगे। इसके लिए प्रशासन ने वैकल्पिक मार्गों का निर्माण शुरू कराया है। बहरोल और उल्दन के रास्तों पर सड़क निर्माण का काम चल रहा है। किसी को कहीं कमी लग रही हो तो कोर्ट जा सकते हैं… कलेक्टर प्रतिभा पाल ने बताया कि उल्दन बांध प्रोजेक्ट के प्रभावितों को नियमानुसार मुआवजा दिया गया है। अवॉर्ड पारित हो चुके हैं, लेकिन कुछ हितग्राही जरूर मुआवजे को लेकर आपत्ति जता रहे हैं। हमारी टीम लगातार प्रभावितों के संपर्क में रही और उनसे बात भी की।
प्रदेश की तीसरी राज्यसभा सीट से कांग्रेस प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन का नामांकन मंगलवार देर शाम निरस्त हो गया है। इसके बाद प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। एक तरफ कांग्रेसी सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं, तो दूसरी तरफ मंदसौर-नीमच-जावरा से भाजपा सांसद सुधीर गुप्ता ने कांग्रेस और मीनाक्षी नटराजन पर तीखा हमला बोला है। सांसद सुधीर गुप्ता ने कहा कि मीनाक्षी नटराजन ने अपने नामांकन पत्र में तथ्यों को छिपाया, जो चुनाव आयोग के संज्ञान में आ गया। उन्होंने कहा, “आप पूर्व सांसद रह चुकी हैं, ऐसे में नियमों और मर्यादाओं के प्रति गंभीर रहना चाहिए। यदि आपके खिलाफ कोई मुकदमा चल रहा है और आप उसकी जानकारी नहीं दे रहे, तो फॉर्म निरस्त होना स्वाभाविक है। गलती खुद की है और आरोप भाजपा पर लगाए जा रहे हैं।” 'संविधान की दुहाई देने वाले 1975 को याद करें'कांग्रेस द्वारा भाजपा पर दबाव बनाकर नामांकन निरस्त करवाने के आरोपों को खारिज करते हुए सांसद ने कहा कि फॉर्म भरने वाले उनके ही वकील और जिम्मेदार लोग थे। उन्होंने कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा, जो लोग 1975 में संविधान की हत्या करके आए, वे आज संविधान की दुहाई दे रहे हैं। तथ्य छिपाकर आपने क्या हासिल करना चाहा? इसका मतलब आपको कानून पर भरोसा नहीं है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को सुप्रीम कोर्ट तक जाना चाहिए, लेकिन वहां भी यह बताना होगा कि नामांकन में तथ्य क्यों छिपाए गए। 'भीतरघात नहीं, यह खुद का घात है'कांग्रेस के कुछ नेताओं द्वारा मामले में भीतरघात की आशंका जताए जाने पर सुधीर गुप्ता ने चुटकी लेते हुए कहा कि यह भीतरघात नहीं, बल्कि खुद का घात है। बता दें कि भाजपा की ओर से मीनाक्षी नटराजन के नामांकन पर आपत्ति दर्ज कराई गई थी। भाजपा का आरोप था कि उन्होंने हैदराबाद की अदालत में लंबित एक मामले की जानकारी अपने शपथ पत्र में नहीं दी थी। इस आपत्ति के आधार पर रिटर्निंग ऑफिसर अर्पित शर्मा ने जांच के बाद मंगलवार देर शाम उनका पर्चा खारिज कर दिया। कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने फूंका पुतलानामांकन निरस्त होने की खबर के बाद कांग्रेस संगठन में भारी आक्रोश है। मंगलवार रात जिला कांग्रेस के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने भाजपा सरकार के खिलाफ उग्र प्रदर्शन करते हुए 'मोदी-मोहन हाय-हाय' के नारे लगाए और भाजपा सरकार का पुतला दहन किया। गौरतलब है कि सांसद सुधीर गुप्ता लोकसभा चुनाव में भी मीनाक्षी नटराजन को पराजित कर चुके हैं।
रतलाम में 14 वर्षीय नाबालिग किशोरी के साथ दुष्कर्म का मामला सामने आया है। आरोप एक करीब साढ़े 16 वर्षीय नाबालिग युवक पर लगा है, जो किशोरी का परिचित बताया जा रहा है। किशोरी की शिकायत पर स्टेशन रोड थाना पुलिस ने आरोपी नाबालिग के खिलाफ पॉक्सो एक्ट सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। दो माह पहले हुई थी पहचान पुलिस को दी गई शिकायत में किशोरी ने बताया कि वह कक्षा सातवीं तक पढ़ाई कर चुकी है और एक निजी स्कूल में पढ़ने जाती है। स्कूल के बाहर आने-जाने के दौरान करीब दो माह पहले उसकी पहचान स्टेशन रोड थाना क्षेत्र में रहने वाले एक लड़के से हुई थी। धीरे-धीरे दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई और बाद में वे फोन पर भी संपर्क में रहने लगे। पहले भी बुलाया था घर किशोरी ने बताया कि मई 2026 में युवक ने उसे पहली बार अपने घर मिलने के लिए बुलाया था। वह उसके घर गई थी, वहां खाना खाया और कुछ समय बाद वापस अपने घर लौट आई थी। शिकायत के अनुसार 7 जून को दोपहर के समय युवक ने उसे फोन पर संदेश भेजकर फिर से मिलने के लिए बुलाया। रात करीब 10:30 बजे किशोरी अपने घर से निकली। घर से कुछ दूरी पर युवक मिला, जिसके बाद वह उसकी बाइक पर बैठकर उसके घर चली गई। घर में दोनों ही मौजूद थे किशोरी ने पुलिस को बताया कि युवक के घर पहुंचने के बाद उसने वहां खाना बनाया। उस समय घर में दोनों के अलावा कोई अन्य व्यक्ति मौजूद नहीं था। इसी दौरान आरोपी ने उसके साथ गलत काम किया। शिकायत में किशोरी ने बताया कि घटना के बाद उसकी तबीयत बिगड़ गई और उसे चक्कर आने लगे। इसके बाद युवक उसे अस्पताल लेकर गया। वहां से लौटने के बाद उसने किशोरी को उसके घर छोड़ दिया। उस समय रात करीब ढाई बजे का समय था। परिजनों को बताई पूरी घटना देर रात घर पहुंचने पर परिजनों ने उससे पूछताछ की। इस दौरान किशोरी ने अपने साथ हुई पूरी घटना परिजनों को बताई। इसके बाद परिजन उसे लेकर थाने पहुंचे और पुलिस को शिकायत दर्ज कराई। स्टेशन रोड थाना प्रभारी जितेंद्रसिंह जादौन ने बताया कि किशोरी की शिकायत के आधार पर नाबालिग आरोपी के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है तथा नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बल्लभगढ़ में छज्जा गिरने से बुजुर्ग महिला की मौत:बाथरूम में जाते वक्त हादसा, मलबे में दबने से गई जान
फरीदाबाद जिले के बल्लभगढ़ स्थित सुभाष कॉलोनी के हरि विहार इलाके में बुधवार सुबह एक हादसा हो गया। मकान का छज्जा अचानक भरभराकर गिरने से 55 वर्षीय महिला की मौत हो गई। हादसा उस समय हुआ, जब महिला सुबह शौच के लिए छज्जे पर बने बाथरूम में गई थी। आदर्श नगर थाना पुलिस के अनुसार हरि विहार निवासी जयवती (55) बुधवार सुबह करीब 6 बजे बाथरूम के लिए उठी थी। वह छज्जे पर बने बाथरूम में दाखिल ही हुई थी कि अचानक बाथरूम वाला हिस्सा छज्जे समेत टूटकर नीचे गिर गया। छज्जा गिरने से जयवती मलबे के नीचे दब गईं और गंभीर रूप से घायल हो गईं। मलबा हटाकर महिला को बाहर निकाला हादसे की तेज आवाज सुनकर परिवार के सदस्य और आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। लोगों ने तत्काल मलबा हटाकर महिला को बाहर निकाला, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। घटना के बाद पूरे इलाके में शोक और अफरा-तफरी का माहौल बन गया। पिता की पहले हो चुकी मौत मृतका की बेटी संगीता ने बताया कि गर्मी की छुट्टियों के चलते वह और उसकी दोनों बहनें अपनी मां के घर आई हुई थीं। परिवार पहले ही पिता को खो चुका है और अब घर में केवल एक भाई ही बचा है। इस हादसे ने पूरे परिवार को गहरा सदमा पहुंचाया है। मामले की जांच में जुटी पुलिस सूचना मिलने पर आदर्श नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। थाना प्रभारी मनोज कुमार ने बताया कि महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए बीके अस्पताल भेज दिया गया है।
कैमूर के रामगढ़ थाना क्षेत्र में एक युवती से रेप और उसका अश्लील वीडियो बनाकर निकाह का दबाव बनाने का मामला सामने आया है। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी एकराम अंसारी (35) और उसकी पत्नी शाहिदा बेगम (26) को गिरफ्तार कर लिया है। पीड़िता ने पुलिस को दिए आवेदन में बताया कि आरोपी युवक ने पहले उसे प्रेमजाल में फंसाया। इसके बाद एक दिन मिलने के बहाने बुलाकर कोल्डड्रिंक में नशीला पदार्थ मिलाकर पिला दिया। बेहोशी की हालत में युवती से किया रेप युवती के बेहोश होने पर आरोपी ने उसके साथ रेप किया और मोबाइल से अश्लील वीडियो बना लिया। होश में आने पर जब युवती ने इस घटना का विरोध किया, तो आरोपी और उसकी पत्नी ने वीडियो वायरल करने की धमकी दी। आरोप है कि दंपती लगातार वीडियो के जरिए युवती को ब्लैकमेल कर रहे थे और उस पर निकाह करने का दबाव बना रहे थे। इनकार करने पर युवती के साथ मारपीट की गई और जान से मारने की धमकी भी दी गई। लगातार प्रताड़ना से परेशान होकर पीड़िता ने हिम्मत जुटाई और रामगढ़ थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई। थानाध्यक्ष ने बताया कि मामला दर्ज होते ही पुलिस हरकत में आई। तकनीकी अनुसंधान और छापेमारी के बाद आरोपी पति-पत्नी को गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। आरोपी का मोबाइल जब्त कर जांच शुरू पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया गया है, और पुलिस ने आरोपी का मोबाइल जब्त कर वीडियो की जांच शुरू कर दी है। इस घटना के बाद इलाके में आक्रोश है और स्थानीय लोगों ने आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने कहा कि महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों में जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है। दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए आरोपियों को न्यायालय में प्रस्तुत किया जाएगा।
बुरहानपुर में पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर आयोजित 'ब्राइटर माइंड्स क्लासेस' के समापन समारोह में एक नजारा देखने को मिला। यहां एसपी आशुतोष बागरी के बेटे आदित्य बागरी ने आंखों पर काली पट्टी बांधकर न सिर्फ चीजों को पहचाना, बल्कि अखबार भी पढ़कर सुना दिया। इस अनोखे प्रदर्शन को देखकर वहां मौजूद सभी लोग दंग रह गए। प्रदर्शन के दौरान एसपी आशुतोष बागरी ने अपने बेटे आदित्य की आंखों पर पट्टी बांधी और मोबाइल से वहां मौजूद एक महिला की फोटो खींची। आदित्य को यह नहीं पता था कि फोटो किसकी है। लेकिन जैसे ही मोबाइल उसके हाथ में दिया गया, उसने न केवल महिला को पहचान लिया, बल्कि यह भी बता दिया कि वह वहीं मौजूद है और उसने काले रंग का सूट पहना है। इसके बाद उसने आंखों पर पट्टी बंधे होने के बावजूद अखबार में छपी पुलिस से संबंधित एक खबर भी फर्राटे से पढ़ दी। पुलिस परिवार के 40 बच्चों ने लिया प्रशिक्षणयह समर कैंप पुलिस परिवार के 5 से 15 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाने और उनकी सोचने-समझने की क्षमता को विकसित करने के उद्देश्य से आयोजित किया गया था। बुरहानपुर पुलिस लाइन में इसके दो बैच (10 से 20 मई और 25 मई से 8 जून तक) चलाए गए, जिनमें कुल 40 बच्चों ने भाग लिया। मंगलवार शाम को एसपी की उपस्थिति में इस प्रशिक्षण शिविर का समापन हुआ। इस अवसर पर एएसपी एएस कनेश, रक्षित निरीक्षक सुनील दीक्षित, टीआई कमल पवार सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। ट्रेनर्स ने सिखाईं ब्रेन और ब्लाइंड फोल्ड एक्टिविटीइस विशेष 'ब्राइटर माइंड्स कोर्स' का प्रशिक्षण महिला आरक्षक निधि गुप्ता और निधि राजपूत द्वारा दिया गया। कैंप के दौरान बच्चों को सर्कल एक्सरसाइज, की-टू सक्सेस, ब्रेन और आई एक्सरसाइज, ब्रीदिंग एक्सरसाइज, डांस, स्लीपिंग म्यूजिक, ब्लाइंड फोल्ड एक्टिविटी और हार्टफुलनेस रिलैक्सेशन जैसी कई अहम गतिविधियों का अभ्यास कराया गया, ताकि बच्चों का सर्वांगीण और मानसिक विकास हो सके। देखिए तस्वीरें…
कल ही बात हुई थी। मुझसे बस इतना कहा था कि पापा किसी बात की चिंता मत करना। हम घर आ गए। वैसे भी उससे तीन-चार दिन में ही बात होती थी। जब पुलिस में सिलेक्शन हुआ था, तो बहुत उत्साह था। उस समय भी यहां झाड़ू लगा रही थी। मैंने कहा था, बेटा मत करो ये, चलो घर। बोली- नहीं पापा, नौकरी तो करूंगी। यह कहते हुए अशोकनगर के रहने वाले अशोक कुमार शर्मा भावुक हो उठे और उनकी आंखों में आंसू आ गए। उनकी बेटी कांस्टेबल निशा शर्मा ने मंगलवार सुबह अपने सरकारी क्वार्टर में चादर से पंखे के सहारे फंदा बनाकर सुसाइड कर लिया। मंगलवार शाम पीएम के बाद परिवार शव लेकर अशोकनगर रवाना हुआ, जहां अंतिम संस्कार किया गया। बॉय कट में रहती थी, ड्रेसिंग भी लड़कों जैसी निशा शर्मा शुरू से ही बॉय कट में रहती थी। उसकी ड्रेसिंग भी लड़कों जैसी थी। वह फर्राटेदार बुलेट चलाती थी। उसे टैटू का भी शौक था और हाथ पर टैटू बनवाया हुआ था। उसे अक्सर दबिश में भेजा जाता था। अपराधियों में उसका खौफ था। वह पूरी तन्मयता से नौकरी करती थी। जो खुद नहीं रोई, सबको रुलाकर चली गई निशा के साथ काम करने वाली महिला पुलिसकर्मियों ने बताया कि उसे कभी उदास नहीं देखा। उसके चेहरे पर हमेशा मुस्कान रहती थी। वह दूसरों को दुखी देखकर उन्हें हंसाने की कोशिश करती थी। उसकी खुशमिजाज छवि पूरे पुलिस महकमे में थी। कभी सोचा नहीं था कि वह इस तरह सबको रुलाकर चली जाएगी। चार भाई-बहनों में सबसे बड़ी थी निशा निशा का परिवार मूल रूप से अशोकनगर जिले के ईसागढ़ का रहने वाला था। वर्तमान में परिवार अशोकनगर के पठार मोहल्ले में रहता था। निशा चार भाई-बहनों में सबसे बड़ी थी। उससे छोटी दो बहनें और सबसे छोटा भाई है। दोनों बहनों की शादी हो चुकी है। सबसे छोटा भाई पढ़ाई कर रहा है। कहती थी- शादी नहीं, माता पिता की सेवा करूंगी निशा के पिता ने बताया कि चार वर्ष पहले शादी की बात की थी, लेकिन उसने साफ इंकार कर दिया था। उसने कहा था कि उसे शादी नहीं करनी। वह भाई के साथ माता-पिता की सेवा करेगी। इसके बाद उसकी दोनों बहनों की शादी हुई। पहले पोहा खाया, फिर किया सुसाइड उसकी सुसाइड के कारणों का पता नहीं चल सका। मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला और ऐसी कोई बात भी सामने नहीं आई, जिससे पता चले कि वह किसी परेशानी में थी। सुसाइड से पहले मंगलवार सुबह उसने पोहा बनाकर खाया। किचन में पोहे के बर्तन मिले। सुबह 7 बजे के आसपास उसकी फोन पर बात हुई। दोपहर 12 बजे के आसपास पुलिस दरवाजा तोड़कर अंदर घुसी। आशंका है कि उसने सुबह 7 से 8 बजे के बीच फांसी लगाई, क्योंकि बॉडी में गैस बनना शुरू हो गई थी। मौत के तीन-चार घंटे बाद बॉडी में गैस बनना शुरू होती है। सोमवार रात ड्यूटी पर भी गई जानकारी के अनुसार दो दिन की छुट्टी के बाद निशा सोमवार शाम गुना पहुंची। इसके बाद वह कोतवाली गई। वहां उनसे कहा गया कि नसिया जी चले जाना। निशा कोतवाली से सीधे नसिया जी पहुंची और वहां ड्यूटी की। इसके बाद वह सरकारी क्वार्टर पहुंची थी।

