अमेरिका-ईरान तनाव से कच्चा तेल 107 डॉलर के पार, भारत की बढ़ी चिंता; युद्ध लंबा खिंचने का भी खतरा
भारत के लिए महंगे क्रूड का असर आयात बिल, पेट्रोल-डीजल की कीमतों और महंगाई पर पड़ सकता है। खासतौर पर अगर तेल की कीमत लंबे समय तक 100 डॉलर से ऊपर बनी रहती है, तो भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए चुनौती बढ़ सकती है।
ट्रंप का दावा- पुतिन यूक्रेन युद्ध खत्म करने को तैयार, जेलेंस्की से रिश्ते बने सबसे बड़ी बाधा
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की का जिक्र करते हुए ट्रंप ने कहा कि पुतिन समझौता करना चाहते हैं। उन्होंने संकेत दिया कि अगर जेलेंस्की भी समझौते के लिए तैयार होते हैं तो शांति की दिशा में आगे बढ़ना संभव हो सकता है।
पश्चिम एशिया में जारी भारी तनाव के बीच इजरायल डिफेंस फोर्सेज (IDF) ने दक्षिणी लेबनान में हिज्बुल्लाह के सैन्य बुनियादी ढांचे पर अब तक का सबसे भीषण और घातक प्रहार किया है। इजरायली सेना ने रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण अली अल-ताहेर रिज (Ali al-Taher Ridge) के नीचे बने हिज्बुल्लाह के दो किलोमीटर से भी अधिक लंबे आधुनिक भूमिगत सुरंग नेटवर्क को भीषण विस्फोटकों से पूरी तरह ध्वस्त कर दिया है।यह धमाका इतना जबरदस्त और तीव्र था कि इसकी धमक से नबातीह और पूरे दक्षिणी लेबनान की धरती हिल गई। अमेरिकी भूगर्भीय सर्वेक्षण (USGS) और स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, सुरंग उड़ाने के लिए किए गए विस्फोटों के चलते रिक्टर स्केल पर 4.1 तीव्रता का भूकंपीय झटका (Seismic Tremor) दर्ज किया गया।इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने सोशल मीडिया पर इस ऑपरेशन का वीडियो जारी करते हुए इसे ईरान की सीमाओं के बाहर उसका सबसे बड़ा आउटपोस्ट करार दिया और कहा कि सेना ने अपना रणनीतिक मिशन सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है।सुरंग के भीतर मिला हथियारों का गोदाम: ईरानी रॉकेट्स और घातक ड्रोन्स बरामदइजरायली सेना के अनुसार, अली अल-ताहेर पहाड़ी के नीचे फैला यह नेटवर्क केवल एक साधारण सुरंग नहीं था, बल्कि जमीन के नीचे बना एक विशाल सैन्य शहर था। सेना ने जमीन के ऊपर और नीचे दोनों मोर्चों पर नियंत्रण स्थापित करने के बाद जब इसके भीतर सघन तलाशी अभियान चलाया, तो वहां से भारी मात्रा में हथियारों का जखीरा बरामद हुआ:दर्जनों ईरानी रॉकेट और मिसाइलें: सुरंग के डिपो से लंबी और मध्यम दूरी के दर्जनों आधुनिक रॉकेट और मिसाइलें मिलीं, जिन्हें सीधे इजरायली शहरों पर दागने के लिए तैयार रखा गया था।विस्फोटक कामिकेज ड्रोन (UAVs): सुरंग के अंदर लॉन्च पैड्स के साथ दर्जनों ईरानी निर्मित सुसाइड और अटैक ड्रोन मिले।एंटी-टैंक गाइडेड मिसाइलें (ATGM): इजरायली बख्तरबंद गाड़ियों को निशाना बनाने के लिए आधुनिक रूसी व ईरानी एंटी-टैंक मिसाइलें, माइंस और विस्फोटक सामग्री का बड़ा स्टॉक बरामद किया गया।कमांड सेंटर और लिविंग क्वार्टर्स: यह सुरंग हिज्बुल्लाह की कुलीन 'बद्र यूनिट' (Badr Unit) का केंद्रीय कमांड सेंटर थी। सुरंग के भीतर आतंकियों के हफ्तों तक छिपे रहने के लिए वेंटिलेशन, स्लीपिंग क्वार्टर्स, आधुनिक संचार प्रणाली, किचन और मेडिकल फैसिलिटी मौजूद थी।दो दशकों की ईरानी फंडिंग और हिज्बुल्लाह की 'बद्र यूनिट' का खात्माआईडीएफ के अधिकारियों और सैन्य विश्लेषकों के मुताबिक, इस 2 किलोमीटर लंबे भूमिगत किले का निर्माण पिछले 20 वर्षों (दो दशकों) के दौरान ईरानी फंडिंग, इंजीनियरिंग और तकनीकी निगरानी में किया गया था।यह रणनीतिक बेस हिज्बुल्लाह की बद्र डिवीजन के अधीन था, जो लितानी नदी के उत्तर से लेकर सिडोन तक के पूरे दक्षिणी लेबनानी इलाके में सैन्य अभियानों की कमान संभालती है। अली अल-ताहेर रिज इजरायली सीमा से महज 15 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। इस ऊंचाई वाले इलाके से हिज्बुल्लाह उत्तरी इजरायल की बस्तियों पर सीधी नजर रखता था और भूमिगत शाफ्ट्स के जरिए अचानक हमला कर गायब हो जाने की गुरिल्ला रणनीति अपनाता था। इजरायल द्वारा इस पूरे ठिकाने को उड़ा दिए जाने से हिज्बुल्लाह की संचालन क्षमता को बहुत बड़ा झटका लगा है।4.1 तीव्रता के झटके से कांपा लेबनान, क्षेत्रीय तनाव में नया उबाललेबनान की सरकारी समाचार एजेंसी (NNA) ने पुष्टि की है कि नबातीह अल-फौका के बाहरी इलाके में अली अल-ताहेर पहाड़ी पर इजरायली सेना द्वारा बड़े पैमाने पर नियंत्रित विस्फोट किए गए, जिससे कई किलोमीटर दूर तक इमारतों की खिड़कियां और जमीन थरथरा उठी।यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर युद्धविराम (Ceasefire) और सीमा पर तनाव घटाने को लेकर कूटनीतिक चर्चाएं चल रही थीं। ईरान ने हाल ही में चेतावनी दी थी कि अली अल-ताहेर रिज पर हिज्बुल्लाह के ठिकानों पर किसी भी बड़े हमले का कड़ा जवाब दिया जाएगा। इजरायल के इस आक्रामक अंडरग्राउंड एक्शन और इतने बड़े पैमाने पर तबाही के बाद सीमा पर एक बार फिर रॉकेट हमलों और जवाबी हवाई हमलों का नया दौर शुरू होने की गंभीर आशंका पैदा हो गई है।
हार्ट चेन्नई, लिवर इंदौर भेजा, दोनों किडनी भोपाल में... 4 लोगों को मिली नई जिंदगी भोपाल के 53 वर्षीय विकास चौधरी के निधन के बाद परिवार ने अंगदान का फैसला लेकर चार लोगों को नई जिंदगी की उम्मीद दी। अब विकास का दिल इराक के एक व्यक्ति के सीने में धड़केगा। विकास का हार्ट चेन्नई भेजा गया था, जहां उसका सफल हार्ट ट्रांसप्लांट किया गया। दरअसल, बागसेवनिया के व्यवसायी विकास को 4 सितंबर को ब्रेन हैमरेज के बाद एम्स भोपाल में भर्ती कराया गया था। इलाज के बावजूद स्थिति में सुधार नहीं हुआ और 8 सितंबर को उन्हें ब्रेन डेड घोषित किया गया। दुख की इस घड़ी में भाई राजेश चौधरी, बहन वीणा चौधरी, भतीजे प्रतीक चौधरी और बेटे मासूम चौधरी समेत परिजनों ने अंगदान की सहमति दी। इसके बाद गुरुवार को विकास का हार्ट, लिवर और दोनों किडनी दान किए गए। हार्ट को एयरपोर्ट तक पहुंचाने के लिए ग्रीन कॉरिडोर बनाया गया। इस दौरान अस्पताल प्रबंधन ने विकास को गार्ड ऑफ ऑनर दिया। भतीजा बोला- चाचाजी के अंग किसी और का जीवन बचाएं भतीजे प्रतीक ने कहा कि चाचाजी के अंग जरूरतमंद मरीजों को जीवन का अनमोल अवसर दे सकते हैं। इसी सोच के साथ अंगदान का निर्णय लिया।दिल चेन्नई, लिवर इंदौर पहुंचा: विकास का हार्ट चेन्नई के एमजीएम हॉस्पिटल, लिवर इंदौर के केयर हॉस्पिटल और दोनों किडनी भोपाल के बंसल हॉस्पिटल भेजी गईं। इराक के मरीज की चेन्नई से वेटिंग, इसलिए वहां भेजानोटो (नेशनल आर्गन एंड टिशु ट्रांसप्लांट आर्गनाइजेशन) की व्यवस्था के तहत उपलब्धता और जरूरत के आधार पर हार्ट का राष्ट्रीय स्तर पर आवंटन किया गया। पहले मुंबई में बात की गई, लेकिन वहां कोई वेटिंग लिस्ट में शामिल नहीं था। इसके बाद चेन्नई से बातचीत की गई। इस दौरान इराक का व्यक्ति वेटिंग लिस्ट में प्रथम नंबर पर होने के कारण प्रत्यारोपण के लिए हार्ट उसे अलॉट किया गया।
भारत-पाक युद्ध 1965 के बलिदानियों को नमन किया
भास्कर न्यूज | जालंधर वज्र कोर ने असल उत्तर की लड़ाई (8–10 सितंबर 1965) की स्मृति में कार्यक्रम आयोजित कर 1965 के भारत-पाक युद्ध के निर्णायक संग्राम में भारतीय सैनिकों के साहस और बलिदान को नमन किया। खेमकरण सेक्टर के असल उत्तर क्षेत्र में हुए इस युद्ध में पाकिस्तानी बख्तरबंद टुकड़ियों, खासकर पैटन टैंकों के साथ बड़े हमले का भारतीय सेना ने सामना किया था। सेना ने भू-भाग का लाभ उठाते हुए रक्षात्मक रणनीति अपनाई और आगे बढ़ रहे टैंकों को तैयार मोर्चों की ओर खींचकर तीन दिन तक चली भीषण लड़ाई में आक्रमण को रोक दिया। बड़ी संख्या में टैंकों के नष्ट, क्षतिग्रस्त या छोड़े जाने के कारण यह इलाका पैटन नगर’ के नाम से भी पहचाना गया। समारोह में कंपनी क्वार्टर मास्टर हवलदार अब्दुल हमीद, परमवीर चक्र (मरणोपरांत) के पराक्रम का भी स्मरण किया गया। 9 सितंबर 2026 को असल उत्तर युद्ध स्मारक पर पुष्पचक्र अर्पण किया गया, जिसमें पूर्व सैनिक, सेवारत कर्मी और स्थानीय ग्रामीण शामिल हुए। कार्यक्रम के माध्यम से वज्र कोर ने असल उत्तर के योद्धाओं की विरासत को संजोने की प्रतिबद्धता दोहराई।
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन शुक्रवार को दिल्ली पहुंच गए हैं। यूक्रेन युद्ध शुरू होने के का बाद यह उनका पहला भारत दौरा है। आज ही पीएम मोदी के साथ द्विपक्षीय वार्ता होगी। इसमें पांचवीं पीढ़ी के विमानों के सह उत्पादन पर बात हो सकती है।
सूडान: मानवाधिकार प्रमुख ने युद्धविराम की अपील दोहराई
सूडान में जारी युद्ध सोमवार को यूएन मानवाधिकार परिषद की चर्चा के केन्द्र में रहा. यूएन मानवाधिकार उच्चायुक्त वोल्कर टर्क ने बाज़ारों,अस्पतालों और ईंधन स्टेशनों पर आम नागरिकों के ख़िलाफ़ हमले तुरन्त रोकने की अपील की.
बढ़ते युद्धों और हिंसक टकरावों के बीच शान्ति में निवेश की पुकार
संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने दुनिया भर में बढ़ती हिंसा,विभाजन और हिंसक टकरावों के बीच विश्व नेताओं से शान्ति में निवेश बढ़ाने की अपील की है.
चंदौली में चकिया कोतवाली पुलिस ने गुरुवार को सिकंदरपुर मोड़ के पास नाबालिग किशोरी के अपहरण के आरोपी विकास कुमार को गिरफ्तार किया। पुलिस ने किशोरी को भी बरामद कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने किशोरी से एकतरफा प्यार करने की बात बताई। पुलिस के अनुसार, उसने मौका पाकर किशोरी को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया था। 13 अगस्त को घर से लापता हुई थी किशोरी चकिया कोतवाली क्षेत्र के एक परिवार की नाबालिग किशोरी 13 अगस्त को घर से बिना बताए चली गई थी। काफी खोजबीन के बाद भी उसका पता नहीं चला। इसके बाद किशोरी के पिता ने 14 अगस्त को पुलिस को शिकायत दी। पुलिस ने दर्ज किया था अपहरण का केस पिता की शिकायत पर पुलिस ने नाबालिग के अपहरण का केस दर्ज किया। जांच के दौरान विकास कुमार का नाम सामने आया। पुलिस ने मुकदमे में पॉक्सो एक्ट समेत अन्य धाराएं भी बढ़ाईं। सिकंदरपुर मोड़ से आरोपी पकड़ा गया गुरुवार को पुलिस को सूचना मिली कि किशोरी के अपहरण का आरोपी सिकंदरपुर मोड़ के पास मौजूद है। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर उसे पकड़ लिया। उसकी पहचान मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र के जलीलपुर निवासी विकास कुमार के रूप में हुई। पुलिस ने किशोरी को भी बरामद किया पुलिस ने आरोपी की गिरफ्तारी के साथ किशोरी को भी बरामद कर लिया। पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में विकास ने एकतरफा प्यार की बात बताई और किशोरी को बहला-फुसलाकर ले जाने की बात स्वीकार की। कार्रवाई करने वाली टीम में चकिया कोतवाल संजय कुमार सिंह, इंद्रमणि यादव और उद्देश्य सिंह शामिल रहे।
धोखेबाज पाकिस्तान, सऊदी अरब को कहा दोस्त और दे दिया धोखा, ख्वाजा आसिफ के बयान की सच्चाई
पाकिस्तान, सऊदी अरब और तुर्किए ने मक्का डिफेंस पैक्ट के नाम से समझौता किया, जिसके तहत तीनों देशों में से किसी पर हमला बाकी देशों के खिलाफ माना जाएगा। लेकिन हूतियों के सऊदी अरब पर किए हमले पर पाकिस्तान ने अपना हाथ पीछे खींच लिया है।
भारत और कतर ने रणनीतिक साझेदारी को और गहरा करने एवं बढ़ाने के तरीकों पर की चर्चा
दोहा, 10 सितंबर . कतर में India के नए राजदूत श्रीकर रेड्डी ने Thursday को विदेश राज्य मंत्री सुल्तान बिन साद अल मुरैखी को अपने नियुक्ति पत्र की प्रति सौंपी और दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी को और गहरा करने के तरीकों पर चर्चा की. कतर स्थित भारतीय दूतावास ने social media प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ ... Read more
भारत और कतर ने रणनीतिक साझेदारी को समृद्ध करने एवं बढ़ाने के तरीकों पर की चर्चा
भारत और कतर ने रणनीतिक साझेदारी को समृद्ध करने एवं बढ़ाने के तरीकों पर की चर्चा
Middle East Conflict से शेयर बाजार में हड़कंप, Crude Oil $100 पार होने से बढ़ी Inflation की चिंता
वैश्विक बाजारों में बुधवार को एक बार फिर चिंता का माहौल दिखाई दिया। मध्य पूर्व में अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य टकराव ने कच्चे तेल की कीमतों को तेज कर दिया है। ब्रेंट कच्चा तेल 100 डॉलर प्रति बैरल के मनोवैज्ञानिक स्तर को पार कर गया। इसके साथ ही निवेशकों के बीच यह डर बढ़ गया है कि महंगा ईंधन दुनिया भर में महंगाई को फिर से बढ़ा सकता है। ब्रेंट कच्चे तेल का प्रमुख वायदा कान्ट्रैक्ट बुधवार को 100.19 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गया। यह 24 जुलाई के बाद इसका सबसे ऊंचा स्तर है। उस समय अमेरिका और ईरान के बीच एक समझौते को लेकर उम्मीद बनी हुई थी और तेल की कीमतों में गिरावट देखी जा रही थी। मौजूद जानकारी के अनुसार,अमेरिका ने रातभर की कार्रवाई में ईरान के कच्चे तेल से जुड़े पांच जहाजों को निशाना बनाया। इसके जवाब में ईरान ने जॉर्डन में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइल हमले किए और समुद्री जहाजों को भी निशाना बनाया। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा कि वाशिंगटन अमेरिकी युद्धपोतों पर कथित हमलों के जवाब में ईरानी तेल टैंकरों के खिलाफ कार्रवाई जारी रखेगा। इस सैन्य तनाव का असर शेयर बाजारों पर भी पड़ा है। अमेरिका के प्रमुख शेयर सूचकांक एसएंडपी 500, डाउ जोंस और नैस्डैक में मामूली गिरावट दर्ज की गई। यूरोप के शेयर बाजार भी करीब एक सप्ताह के निचले स्तर पर पहुंच गए। औद्योगिक और बैंकिंग कंपनियों के शेयरों पर ज्यादा दबाव देखा गया। कनाडा के प्रमुख शेयरों के वायदा भाव में भी हल्की गिरावट आई। एशियाई बाजारों में हालांकि तस्वीर मिली-जुली रही। तकनीकी कंपनियों के शेयरों में सुधार जारी रहा। एआई से जुड़ी कंपनियों में निवेशकों की दिलचस्पी ने इस क्षेत्र को सहारा दिया है। इसके बावजूद महंगे तेल और युद्ध की आशंका के कारण बाजार में जोखिम लेने की प्रवृत्ति कमजोर बनी हुई है। स्विट्जरलैंड की वित्तीय संस्था स्विसकोट की वरिष्ठ विश्लेषक इपेक ओजकारडेस्काया ने कहा कि युद्ध के कारण तेल की कीमतों में बढ़ोतरी ने निवेशकों की जोखिम लेने की इच्छा को कमजोर किया है। उनके मुताबिक, गर्मियों में शांति समझौते को लेकर जो उम्मीद बनी थी, सितंबर आते-आते वह कमजोर पड़ती दिखाई दे रही है। रणनीतिकारो ने 100 डॉलर को मुख्य रूप से मनोवैज्ञानिक सीमा बताया। उनका कहना है कि मांग पर बड़ा असर पड़ने के लिए कच्चे तेल की कीमत करीब 150 डॉलर तक पहुंचनी पड़ सकती है। हालांकि, उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि डीजल की बढ़ती कीमतें महंगाई और सेवा क्षेत्र की लागत को प्रभावित कर सकती हैं। गौरतलब है कि तेल की कीमतों में तेज बढ़ोतरी से केंद्रीय बैंकों के सामने नई मुश्किल खड़ी हो सकती है। महंगाई बढ़ने की आशंका के कारण ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद कमजोर पड़ सकती है। यूरोपीय केंद्रीय बैंक की बैठक गुरुवार को होने वाली है, जबकि अमेरिकी केंद्रीय बैंक अगले सप्ताह ब्याज दरों पर फैसला करेगा। बांड बाजार भी इस तनाव से अछूते नहीं हैं। महंगाई की चिंता के चलते हाल के सप्ताहों में बांड पर मिलने वाली रिटर्न रेट बढ़ी है। अगस्त के अंत में अमेरिका और ईरान के बीच हमले फिर शुरू होने के बाद अमेरिका, जापान और कुछ यूरोपीय देशों के प्रमुख सरकारी बांडों की रिटर्न दर कई दशकों के ऊंचे स्तर के करीब पहुंच गई है। इससे सरकारों की उधारी महंगी होने और वैश्विक वित्तीय संस्थानों पर दबाव बढ़ने की चिंता पैदा हुई है। ऐसे में आगे तेल की कीमत और मध्य पूर्व में संघर्ष की दिशा ही वैश्विक बाजारों की चाल तय करने में अहम भूमिका निभाएगी।
ट्रंप के प्लेन का अचानक खुल गया इमरजेंसी स्लाइडर, कतर ने गिफ्ट किया था विमान
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के कतर से मिले विमान में टेक्सास के लिए रवाना होने वाले थे. लेकिन इमरजेंसी स्लाइडर उड़ान से ठीक पहले अचानक खुल गया, जिससे उनकी यात्रा में देरी हुई.
तेहरान, 10 सितंबर . ईरान के खिलाफ चलाए जा रहे अमेरिकी ‘आर्थिक युद्ध’ को ईरान ने ‘आर्थिक आतंकवाद’ बताया. ईरान की 27 एयरलाइंस और नागरिक ... Read more
अमेरिकी 'आर्थिक युद्ध' को ईरान ने बताया 'आर्थिक आतंकवाद', संयुक्त राष्ट्र और सुरक्षा परिषद को लिखा पत्र
मलेशिया पहुंचा भारतीय युद्धपोत, समुद्री अभ्यास ‘समुद्र लक्ष्मण’ में लेगा हिस्सा
New Delhi, 10 सितंबर . भारतीय नौसेना का युद्धपोत आईएनएस मैसूर मलेशिया के लुमुट पहुंच गया है. यह भारतीय युद्धपोत India और मलेशिया की नौसेनाओं के बीच होने वाले द्विपक्षीय समुद्री अभ्यास ‘समुद्र लक्ष्मण’ में हिस्सा लेगा. ‘समुद्र लक्ष्मण’ के तहत दोनों देशों के जवानों समुद्र व हार्बर के अभ्यास करेंगे. दोनों नौसेनाओं के बीच ... Read more
चीन और तुर्की के रहमो करम पर पाकिस्तान की वायुसेना, पड़ोसी के पास कहां से आ रहा इतना पैसा?
भारत को इस बात की हैरानी हो रही है कि पाकिस्तान के पास तुर्की और चीन से ये हथियार खरीदने के लिए पैसे कहां से आते हैं। क्योंकि पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था बहुत ही खराब हालत से गुजर रही है।
लंबे युद्ध के लिए भारत की मिसाइल तैयारी: कौन-कौन सी मिसाइलें हैं और कहां है कमी?
भारत लगातार खुद को बड़े और लंबे युद्ध को ध्यान में रखकर तैयारी कर रहा है। देश ने लगभग हर बड़े युद्ध संबंधी काम के लिए अपने मिसाइल सिस्टम बना लिए हैं। चाहे हवा से हवा में मार करने वाली हों, जमीन से हवा में, टैंक रोधी, जहाज रोधी या लंबी दूरी तक हमला करने […]
मोकी (चीन), 10 सितंबर (आईएएनएस)। भारतीय टीम ने विमेंस जूनियर हॉकी एशिया कप 2026 के क्वार्टर फाइनल मुकाबले में पाकिस्तान को 19-0 से रौंद दिया है। इस जीत के साथ ही भारत ने सेमीफाइनल का टिकट भी हासिल कर लिया है।
इधर चल रहा युद्ध, उधर डील पर डील... 4 महीने में ही भारत ने किया खेल
भारत के फ्री ट्रेड एग्रीमेंट्स (FTA) को लेकर लंबे समय से सवाल उठते रहे हैं कि क्या इनका फायदा भारतीय निर्यातकों को मिल रहा है. अब अप्रैल-जुलाई 2026 के आंकड़े कुछ उम्मीद जगाते हैं. इस दौरान FTA पार्टनर देशों को भारत का निर्यात करीब 24% बढ़ा, जबकि नॉन-FTA बाजारों में यह बढ़ोतरी 13.9% रही.
पिछले वर्ष निर्यात में रिकार्ड बनाने वाले कानपुर को इस बार तगड़ा झटका लगा है। शहर के निर्यात में करीब 591 करोड़ की गिरावट आई है।
हूतियों के सऊदी अरब पर हमले से पाकिस्तान बौखलाया, ईरान को दे दी बड़ी चेतावनी - India TV Hindi
<
हूतियों के सऊदी अरब पर हमले से पाकिस्तान बौखलाया, ईरान को दे दी बड़ी चेतावनी
सऊदी अरब पर हूती विद्रोहियों के हमले के बाद पाकिस्तान ने ईरान को चेतावनी दी है। पाकिस्तान ने सऊदी के साथ अपने रक्षा समझौते का हवाला देते हुए ईरान से हूतियों पर नियंत्रण रखने को कहा है। वहीं, यमन के मोचा शहर पर हूतियों के कब्जे से लाल सागर और बाब-अल-मंदेब में तनाव बढ़ा है।
रूस और यूक्रेन के बीच जल्द हो सकती है द्विपक्षीय बैठक, युद्ध खत्म करना चाहते हैं पुतिन : ट्रंप
रूस और यूक्रेन के बीच जल्द हो सकती है द्विपक्षीय बैठक, युद्ध खत्म करना चाहते हैं पुतिन : ट्रंप
धमाकों से दहला सऊदी अरब-ईरान: पश्चिम एशिया में फिर बढ़ा तनाव, ट्रंप ने बताया कब खत्म होगा युद्ध?
धमाकों से दहला सऊदी-ईरान: पश्चिम एशिया में बढ़ा तनाव, ट्रंप ने बताया कब खत्म होगा युद्ध? Saudi Arabia and Iran rocked by blasts Tensions escalate in West Asia Trump reveals when war will end
'बिग बॉस 20' में शुरू हुआ महायुद्ध, आम्रपाली बोलीं- 'हद में रह, जिंदगी हराम कर दूंगी'
बिग बॉस 20' में आते ही कंटेस्टेंट्स के बीच जमकर बवाल होना शुरू हो चुका है। गेम में बने रहने के लिए सभी खिलाड़ी अपने सारे दांव पेच लगा रहे हैं।
मिडिल ईस्ट में फिर भड़का युद्ध, होर्मुज में 15 जहाज तबाह!
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते सैन्य तनाव से समुद्री यातायात और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर खतरा बढ़ा है. हालिया घटनाक्रम में दोनों पक्षों ने कई जहाजों और तेल टैंकरों को निशाना बनाने का दावा किया है. हमलों के बाद ब्रेंट कच्चे तेल की कीमत 100 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गई. जॉर्डन में अमेरिकी सैन्य अड्डे पर मिसाइल हमले की खबर भी सामने आई है.
पश्चिम एशिया में गहराते सैन्य तनाव और होर्मुज जलडमरूमध्य में जारी हमलों के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बड़ा राजनीतिक व रणनीतिक बयान दिया है। टेक्सास के डलास में आयोजित रिपब्लिकन मिडटर्म सम्मेलन में भाग लेने के लिए जॉइंट बेस एंड्रयूज से रवाना होने से पहले पत्रकारों से बात करते हुए ट्रंप ने भविष्यवाणी की कि ईरान के खिलाफ चल रहा युद्ध नवंबर में होने वाले अमेरिकी मध्यावधि (मिडटर्म) चुनावों के तुरंत बाद पूरी तरह समाप्त हो जाएगा। ट्रंप ने कहा, मुझे लगता है कि चुनाव के तुरंत बाद यह युद्ध खत्म हो जाएगा क्योंकि वे (ईरान) अब ज्यादा देर तक टिक नहीं सकते।'ईरान अमेरिकी चुनाव को प्रभावित करने की कोशिश में जुटा': ट्रंप का आरोपट्रंप ने आरोप लगाया कि तेहरान जानबूझकर इस टकराव को लंबा खींच रहा है ताकि अमेरिकी मतदाताओं को प्रभावित किया जा सके। उनके अनुसार, ईरान यह उम्मीद कर रहा है कि नवंबर चुनावों के जरिए वाशिंगटन की सत्ता में ऐसे 'कमजोर' लोग आ जाएं जो उस पर लगे प्रतिबंधों में ढील दें और उसे परमाणु हथियार विकसित करने का मौका मिल जाए। ट्रंप ने जोर देकर कहा कि ईरान की पूरी रणनीति केवल परमाणु क्षमता हासिल करने के इर्द-गिर्द घूमती है, जिसे अमेरिका किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं करेगा। जब उनसे पूछा गया कि क्या अमेरिका तुरंत कूटनीतिक बातचीत शुरू करेगा, तो उन्होंने स्पष्ट किया कि वाशिंगटन किसी जल्दबाजी में नहीं है क्योंकि हालिया सैन्य और आर्थिक प्रहारों से ईरान की स्थिति काफी कमजोर हो चुकी है।तेल की कीमतों और रिपब्लिकन पार्टी की चुनावी चिंताईरान संकट के चलते अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड के 100 डॉलर प्रति बैरल के पार निकलने और अमेरिका में पेट्रोल की कीमतों में उछाल के सवाल पर भी ट्रंप ने अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि युद्ध खत्म होते ही ईंधन की कीमतें तेजी से नीचे आ जाएंगी। उल्लेखनीय है कि सातवें महीने में प्रवेश कर चुके इस सैन्य संघर्ष और बढ़ती महंगाई को लेकर अमेरिकी मतदाताओं में असंतोष देखा जा रहा है, जिससे 3 नवंबर को होने वाले मिडटर्म चुनावों में रिपब्लिकन पार्टी के सामने राजनीतिक चुनौतियां खड़ी हो गई हैं। हालांकि, ट्रंप ने भरोसा जताया कि यह स्थिति जल्द सामान्य होगी।
विश्लेषकों का मानना है कि टेक्सास में आयोजित सम्मेलन के जरिए ट्रंप का मुख्य उद्देश्य नवंबर के अहम मिडटर्म चुनावों से पहले पार्टी के भीतर असंतोष को थामना, नेताओं को एकजुट करना और कार्यकर्ताओं में चुनावी जोश भरना है।
दुनिया एक नए तकनीकी शीत युद्ध की ओर बढ़ रही है, जहां अमेरिका और चीन के बीच मुकाबला अब सिर्फ एआई मॉडल का नहीं बल्कि चिप, कंप्यूटिंग क्षमता, डाटा और वैश्विक तकनीकी आपूर्ति श्रृंखला पर नियंत्रण का है।
'पुतिन समझौते के लिए तैयार': ट्रंप ने बता दिया कौन डाल रहा अड़ंगा; क्या खत्म होने वाला है रूस-यूक्रेन युद्ध?
Iran-US War Update: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ जारी युद्ध को लेकर बड़ा दावा किया है। ट्रंप ने बुधवार (9 सितंबर) रात कहा कि नवंबर में होने वाले अमेरिकी मिडटर्म चुनाव के तुरंत बाद ईरान के साथ युद्ध खत्म हो जाएगा। उन्होंने दावा किया कि ईरान अब ज्यादा समय तक इस युद्ध को झेलने की स्थिति में नहीं है। अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, रिपब्लिकन नेशनल कन्वेंशन में शामिल होने के लिए डलास रवाना होने से पहले पत्रकारों से बातचीत में ट्रंप ने कहा, मुझे लगता है कि चुनाव के तुरंत बाद युद्ध खत्म हो जाएगा। उन्होंने इसके पीछे वजह बताते हुए कहा कि ईरान अब ज्यादा देर तक टिक नहीं सकता।ईरान पर चुनाव को प्रभावित करने का आरोपट्रंप ने ईरान पर अमेरिका के नवंबर में होने वाले चुनाव को प्रभावित करने की कोशिश करने का भी आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि तेहरान ऐसे लोगों को चुनाव जिताना चाहता है, जिन्हें उन्होंने अच्छे और कमजोर लोगों का समूह बताया। ट्रंप के मुताबिक, ईरान चाहता है कि ऐसे लोग सत्ता में आएं जो उसे अकेला छोड़ दें। उसे परमाणु हथियार विकसित करने की अनुमति दे दें। हालांकि, ईरान की ओर से ट्रंप के इन आरोपों पर तत्काल कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।होर्मुज में ईरान ने बढ़ाया सैन्य दबावट्रंप का यह बयान ऐसे समय आया है जब ईरान ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के आसपास अपनी सैन्य गतिविधियां तेज कर दी हैं। यह जलमार्ग दुनिया के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि वैश्विक तेल और गैस आपूर्ति का बड़ा हिस्सा इसी रास्ते से होकर गुजरता है।ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार, ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने बुधवार को दो अमेरिकी जहाजों, आठ तेल टैंकरों और 10 अन्य जहाजों पर हमला किया, जो होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने की कोशिश कर रहे थे। ब्रिटेन के यूके मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (UKMTO) ने भी कहा कि खाड़ी और ओमान की खाड़ी में कई जहाजों को जारी सैन्य गतिविधियों के बीच “डिसेबलिंग फायर” का सामना करना पड़ा।100 डॉलर के पार पहुंचा कच्चा तेलईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव का सीधा असर अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार पर भी पड़ा है। युद्ध के फिर तेज होने और होर्मुज जलमार्ग पर ईरान की पकड़ मजबूत होने के बीच ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमत 100 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गई। रिपोर्ट के अनुसार, जुलाई के बाद पहली बार ब्रेंट क्रूड ने 100 डॉलर का स्तर पार किया है। इससे दुनियाभर में महंगाई और ईंधन की कीमतों को लेकर चिंता बढ़ सकती है।अमेरिकी मिडटर्म चुनाव बने ट्रंप के लिए बड़ी चुनौती3 नवंबर को होने वाले अमेरिकी मिडटर्म चुनाव ट्रंप प्रशासन के लिए महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं। लंबे समय से चल रहे युद्ध और बढ़ती महंगाई एवं जीवन-यापन की लागत को लेकर अमेरिकी मतदाताओं में नाराजगी बढ़ने की बात कही जा रही है। ट्रंप ने तेल की कीमतों को भी चुनाव से जोड़ते हुए कहा कि युद्ध खत्म होने के तुरंत बाद तेल की कीमतें भी नीचे आ जाएंगी। इस तरह उन्होंने ईरान युद्ध और अमेरिकी जनता पर बढ़ते आर्थिक दबाव के बीच सीधा संबंध बताया।बातचीत की संभावना से भी इनकार नहींहालांकि, ट्रंप ने कहा कि अमेरिका फिलहाल सक्रिय रूप से बातचीत की कोशिश नहीं कर रहा है। लेकिन उन्होंने कूटनीति का रास्ता पूरी तरह बंद भी नहीं किया। ट्रंप ने कहा कि बातचीत संभव हो सकती है। लेकिन फिलहाल अमेरिका इसे लेकर प्रयास नहीं कर रहा है। ट्रंप का यह बयान ऐसे वक्त आया है जब एक तरफ ईरान और अमेरिका के बीच सैन्य तनाव बढ़ रहा है। वहीं दूसरी तरफ होर्मुज जलडमरूमध्य में बढ़ती गतिविधियों ने वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और तेल कीमतों को लेकर नई चिंता पैदा कर दी है।ये भी पढ़ें- 10 सितंबर को ओडिशा में रेड कलर वॉर्निंग, बिहार-झारखंड संग 12 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट! 50kmph स्पीड से आएगी आंधी
आगरा के शास्त्रीपुरम में बुधवार की सुबह शोहदे ने दुस्साहसिक वारदात को अंजाम दिया। शोहदे ने ड्यूटी पर जा रही युवती को जेसीबी चौराहे पर रोक लिया। स्कूटी से गिराने के बाद लात-घूंसों से पीटा।
सावधान! छिड़ने वाला है महायुद्ध; सऊदी-हुती दागने लगे हमले; अब पाकिस्तान की भी होगी एंट्री?
पूरे क्षेत्र में महायुद्ध भड़कने के आसार बढ़ गए हैं। पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा कि किसी सदस्य देश के खिलाफ बिना उकसावे की आक्रामकता फैलने पर मक्का समझौता लागू हो जाएगा।
ईरान युद्ध का असर: ट्रंप बोले- चुनाव के बाद ही गिरेंगे तेल के दाम; रिपब्लिकन खेमे की क्यों बढ़ी चिंता?
Houthis Attack On Saudi: हूतियों ने घर में घुसकर सऊदी को मारा, Pakistan, Turkey गायब|Mecca Agreement
मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच सऊदी अरब पर हुए हमलों को लेकर पाकिस्तान का रुख सामने आया है। पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा है कि हर हमले का जवाब उसी तरह देना जरूरी नहीं है, लेकिन अगर सऊदी अरब पर बाहरी आक्रमण होता है
कोलंबो में युद्धपोत पर पहुंचे राजनाथ सिंह, बोले- समुद्री सुरक्षा में भारत-श्रीलंका साझेदार
New Delhi, 9 सितंबर . रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का कहना है कि India और श्रीलंका हिंद महासागर क्षेत्र की सुरक्षा और स्थिरता सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं. उन्होंने कहा कि समुद्र दोनों देशों को अलग नहीं करता, बल्कि लोगों से लोगों के बीच गहरे और स्थायी संबंधों के अनूठे बंधन के ... Read more
Iran vs US Tension: जॉर्डन में अमेरिकी ठिकानों पर Iran का Missile Attack, बढ़ सकता है युद्ध का खतरा
ईरान ने बुधवार, 9 सितंबर को जवाबी कार्रवाई में जॉर्डन पर मिसाइल हमले किए। इन हमलों में अमेरिकी सेना द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले मुवाफ़्फ़क साल्टी एयर बेस को निशाना बनाया गया। यह हमला ईरानी जहाजों पर अमेरिकी सेना के हमले के जवाब में किया गया था। सरकारी समाचार एजेंसी IRNA की रिपोर्ट के अनुसार, ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने घोषणा की कि उन्होंने एक सज़ा देने वाले ऑपरेशन के तहत जॉर्डन में अमेरिकी अल-अज़राक बेस पर भारी मिसाइल हमले किए। इसे भी पढ़ें: US सेना ने Iran के तेल टैंकरों को बनाया निशाना, Revolutionary Guard ने दी चेतावनी हमलों के कुछ ही समय बाद, जॉर्डन की सेना ने घोषणा की कि उसके एयर डिफेंस नेटवर्क ने आने वाली मिसाइलों को रोककर बेअसर कर दिया। सेना के आधिकारिक बयान के अनुसार, जॉर्डन के डिफेंस सिस्टम ने 20 बैलिस्टिक मिसाइलों का पता लगाया और उनमें से 18 को सफलतापूर्वक नष्ट कर दिया, जबकि दो मिसाइलें सुनसान इलाकों में गिरीं। यह तनाव अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) की कार्रवाई के बाद बढ़ा है, जिसने पुष्टि की कि अमेरिकी सेना ने मंगलवार, 8 सितंबर को इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स से जुड़े पांच ईरानी टैंकरों को निशाना बनाया था। यह कार्रवाई पिछले 48 घंटों में अमेरिकी नौसेना के युद्धपोत पर बार-बार किए गए मिसाइल हमलों के जवाब में की गई थी। इसे भी पढ़ें: Trump के नहले पर ईरान का दहला, अमेरिका ने 5 तेल टैंकरों को उड़ाया, तेहरान ने युद्धपोतों को निशाना बनाया CENTCOM ने बताया कि अमेरिकी सेना ने ओमान की खाड़ी में मौजूद चार कच्चे तेल के टैंकरों और फारस की खाड़ी में खार्ग द्वीप के पास एक पांचवें जहाज पर हमला किया। अधिकारियों ने कहा कि जिस अमेरिकी युद्धपोत को निशाना बनाया गया था, उसने हमलों से खुद को सफलतापूर्वक बचाया और अपने इलाके में गश्त जारी रखी। इसमें किसी भी अमेरिकी को कोई नुकसान नहीं पहुंचा, जबकि हमलों से पहले टैंकरों पर मौजूद कर्मचारियों को वहां से निकलने का निर्देश दिया गया था। कोलंबिया की आधिकारिक यात्रा के दौरान इन घटनाओं पर प्रतिक्रिया देते हुए, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने तेहरान को सीधी चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि अगर ईरानी सेना अमेरिकी नौसैनिक संपत्तियों को निशाना बनाती है, तो वाशिंगटन लगातार जवाबी कार्रवाई करेगा।
हूतियों पर सऊदी अरब का भीषण पलटवार, देखें कितनी मची तबाही
सयमन में हूती विद्रोहियों के ठिकानों पर सऊदी अरब ने भीषण जवाबी हमला बोला. सऊदी अरब के लड़ाकू विमानों ने यमन के चार राज्यों में 32 से अधिक भीषण हवाई हमले किए. युद्धक विमानों ने बंदरगाह होदेइदा में हूतियों के सैन्य ठिकानों और हथियारों के गोदामों को निशाना बनाया. ये भीषण सैन्य कार्रवाई सऊदी अरब के तेल डिपो अरामको, एयरबेस और नागरिक हवाई अड्डों पर हुए हूती मिसाइल हमलों का सीधा जवाब है. देखें वीडियो.
लखनऊ क्राइम ब्रांच ने चारबाग रेलवे स्टेशन और आसपास यात्रियों को निशाना बनाने वाले अंतरराज्यीय चोर और जेबकतरा गैंग के पांच सदस्यों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से तीन चोरी की घटनाओं से जुड़े 1.24 लाख रुपए नकद और वारदात में इस्तेमाल की जाने वाली एक स्कूटी बरामद की है। एडीसीपी क्राइम किरण यादव ने बताया कि 8 सितंबर को मुखबिर से सूचना मिली थी कि चारबाग रेलवे स्टेशन और आसपास एक अंतरराज्यीय गैंग सक्रिय है, जो यात्रियों की जेब काटने और चोरी की वारदातों को अंजाम दे रहा है। सूचना पर क्राइम ब्रांच की एसओजी टीम ने गिरोह के सदस्यों की गतिविधियों पर नजर रखी और पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों में गिरोह का मुख्य सरगना महाराष्ट्र के अहमदनगर निवासी संदीप सुधाकर तिजोरे (35) शामिल है। उसके साथ सोनभद्र निवासी अरविंद गुप्ता, महाराष्ट्र के नासिक निवासी कुनाल विलास सिरसाठ, मुंबई निवासी जावेद अख्तर और गोंडा निवासी सोनू जायसवाल को गिरफ्तार किया गया है। ट्रेनों के जनरल कोच में लोगों के बीच बैठ जाते पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी प्लेटफॉर्म टिकट खरीदकर रेलवे स्टेशन में वैध तरीके से प्रवेश करते थे, जिससे किसी को उन पर संदेह न हो। इसके बाद वे स्टेशन और ट्रेनों के जनरल कोच में यात्रियों के बीच बैठ जाते थे। भीड़ और यात्रियों का ध्यान भटकने का फायदा उठाकर उनकी जेब से नकदी और कीमती सामान पार कर देते थे। गिरोह के सदस्य ऑटो और ई-रिक्शा में भी आम यात्रियों की तरह सफर करते थे। यात्रा के दौरान मौका मिलते ही सहयात्रियों की जेब से रुपए और अन्य सामान चोरी कर लेते थे। एक महीने में 20 लाख रुपए तक कमाया पुलिस के मुताबिक, गिरोह अलग-अलग शहरों में घूमकर चोरी और जेबकटी की वारदातों को अंजाम देता था। जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी चोरी की वारदातों से कभी-कभी एक महीने में करीब 20 लाख रुपए तक कमा लेते थे। आरोपी चोरी के पैसों से महंगे किराए के मकानों में रहते थे और एक शहर से दूसरे शहर जाने के लिए हवाई यात्रा तक करते थे। पुलिस की पकड़ से बचने के लिए वे लगातार अपनी लोकेशन बदलते रहते थे। गिरोह के सदस्यों के काम बंटे हुए थे यूपी के अलावा मुंबई, नासिक और दिल्ली में भी सक्रिय जांच में गिरोह की गतिविधियों की पुष्टि उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों के अलावा महाराष्ट्र के मुंबई, नासिक और अहमदनगर और दिल्ली में भी हुई है। गिरोह के सदस्य अलग-अलग राज्यों और जिलों के रहने वाले हैं और संगठित होकर वारदातों को अंजाम देते थे। पुलिस ने आरोपियों के पास से बरामद 1.24 लाख रुपए का संबंध लखनऊ के सैरपुर, दुबग्गा और जानकीपुरम थानों में दर्ज चोरी के तीन मुकदमों से पाया है।पुलिस के मुताबिक, जावेद गिरोह में नए लोगों को जोड़ने का काम करता था। अन्य आरोपी रेलवे स्टेशन और ट्रेनों में पानी व गुटखा बेचने या फेरी लगाने जैसे कामों की आड़ में भी अपनी गतिविधियां चलाते थे। 2009 से मुंबई में दर्ज हैं चोरी के मामले मुख्य आरोपी संदीप सुधाकर तिजोरे का महाराष्ट्र में भी आपराधिक इतिहास रहा है। उसके संबंध में महाराष्ट्र पुलिस के अधिकारियों से संपर्क कर जानकारी साझा की गई है। पुलिस के अनुसार, संदीप के खिलाफ मुंबई के विभिन्न रेलवे थाना क्षेत्रों में साल 2009 से चोरी के कई मुकदमे दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। महाराष्ट्र में उसके द्वारा की गई अन्य वारदातों और मामलों की भी जानकारी जुटाई जा रही है। लखनऊ पुलिस ने महाराष्ट्र, दिल्ली और अन्य राज्यों में रेल यात्रा के दौरान चोरी या जेबकटी का शिकार हुए लोगों से संबंधित थानों से संपर्क करने की अपील की है। पुलिस का कहना है कि जांच में यदि चोरी की गई रकम या संपत्ति का संबंध इस गिरोह से पाया जाता है तो नियमानुसार उसे वापस कराने की कार्रवाई की जाएगी। गिरोह से जुड़े अन्य मामलों और संभावित पीड़ितों की पहचान के लिए जांच जारी है।
अपने-आप फटा टैंक, युद्धाभ्यास में 2 बांग्लादेशी सैनिकों की मौत, Video
एक सैन्य अभ्यास, एक टैंक और अचानक बदल गया पूरा मंजर. बांग्लादेश के चटगांव में फायरिंग के दौरान हुए हादसे ने दो सैनिकों की जान ले ली, जबकि एक अधिकारी गंभीर रूप से घायल हो गए.
सऊदी झेल रहा है हमले, फिर पाकिस्तान और तुर्की क्यों नहीं लागू कर रहे मक्का समझौता - BBC
<
सऊदी झेल रहा है हमले, फिर पाकिस्तान और तुर्की क्यों नहीं लागू कर रहे मक्का समझौता
तुर्की, सऊदी अरब और पाकिस्तान के बीच त्रिपक्षीय रक्षा समझौते पर पिछले महीने मक्का में हस्ताक्षर हुए थे. अब पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख़्वाजा आसिफ़ ने कहा है कि सऊदी अरब पर किसी भी हमले की स्थिति में मक्का डिफेंस अलायंस सक्रिय हो सकता है.
जॉर्डन पर ईरान का हमला बेवजह और बेरहम: सऊदी अरब
रियाद, 9 सितंबर . पश्चिम एशिया संकट बरकरार है. अमेरिका के ईरान पर हमले और फिर जवाबी कार्रवाई से पूरे क्षेत्र में टकराव की स्थिति बनी हुई है. ईरान ने जवाबी हमले जॉर्डन स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर किए. इस अटैक की सऊदी अरब ने कड़ी आलोचना की है. Wednesday को विदेश मंत्रालय ने एक्स ... Read more
बाढ़ के कारण लगातार जान-माल का नुकसान हो रहा है। इस संकट के बीच नेपाल के सबसे धनी व्यक्ति और वहां के 'मुकेश अंबानी' कहे जाने वाले उद्योगपति बिनोद चौधरी चर्चा का केंद्र बने हुए हैं।
लेबनान पर इजरायल का बढ़ता हमला निन्दनीय: यूएन महासचिव गुटेरेस
लेबनान पर इजरायल का बढ़ता हमला निन्दनीय: यूएन महासचिव गुटेरेस
अमेरिका-ईरान युद्ध: ट्रंप ने तेल टैंकर पर बरसाईं मिसाइलें, तेहरान का भी जवाबी हमला
अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। अमेरिकी सेना ने 8 सितंबर को ईरान से जुड़े 5 तेल टैंकरों पर हमला किया। इसके कुछ घंटे बाद ईरान ने जॉर्डन में अमेरिकी सैन्य ठिकाने की ओर 20 बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं।
सऊदी अरब के अहम केंद्रों पर हूती हमलों की भारत ने निंदा की
भारत ने सऊदी अरब पर हूती विद्रोहियों के हमले की निंदा की है। विदेश मंत्रालय (एमईए) ने बुधवार को इसे लेकर बयान जारी किया।
बारां में जिला कलेक्टर बालमुकुंद असावा के निर्देश पर एक विशेष सफाई अभियान युद्ध स्तर पर जारी है। इस अभियान के तहत नगर परिषद की टीमें शहर के मुख्य मार्गों, बाजारों और वार्डों में लगातार सफाई कर रही हैं। नगर परिषद आयुक्त के नेतृत्व में सफाईकर्मी सुबह से ही सड़कों पर उतरकर कचरा इकट्ठा कर रहे हैं। वे नालियों की सफाई और कचरा पॉइंट्स को भी साफ कर रहे हैं। मुख्य बाजार, अस्पताल रोड, कॉलेज रोड और कोटा रोड जैसे शहर के व्यस्त इलाकों पर खास ध्यान दिया जा रहा है। इस सफाई अभियान के बाद शहर की सड़कों की सूरत बदल गई है। जगह-जगह से कचरे के ढेर हटने से लोगों ने राहत महसूस की है। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन की इस पहल का स्वागत किया है। जिला कलेक्टर बालमुकुंद असावा ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि इस अभियान को लगातार जारी रखा जाए। उन्होंने कहा कि शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाने में कोई कमी नहीं रहनी चाहिए। कलेक्टर ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि वे कचरा तय जगह पर ही डालें और स्वच्छ बारां अभियान में सहयोग करें।
Saudi Arabia पर Houthi हमलों के बाद Pakistan ने दी चेतावनी, संयुक्त रक्षा समझौता हो सकता है लागू
(सज्जाद हुसैन)इस्लामाबाद, नौ सितंबर पाकिस्तान ने कहा है कि इसमें ‘‘कोई संशय नहीं होना चाहिए’’ कि नवगठित ‘मक्का रक्षा गठबंधन’ के तीन सदस्यों में से किसी एक पर हमला सभी पर हमला माना जाएगा। इसके साथ ही उसने चेतावनी दी कि सऊदी अरब पर हूती हमलों के बाद यह समझौता लागू हो सकता है। पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ का मंगलवार को यह बयान सऊदी अरब पर ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों द्वारा मिसाइल व ड्रोन हमले किए जाने के कुछ ही घंटे बाद आया। इन हमलों में शहरी, आर्थिक व ऊर्जा बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया गया और कम से कम 73 नागरिक घायल हो गए। रक्षा मंत्री ने कहा कि किसी सदस्य देश के खिलाफ बिना उकसावे के की गई आक्रामकता या यमन संघर्ष के सऊदी अरब तक फैलने की स्थिति में पिछले महीने पाकिस्तान, सऊदी अरब और तुर्किए के बीच हुए समझौते के सामूहिक रक्षा प्रावधान सक्रिय हो जाएंगे। आसिफ ने जियो टीवी चैनल को दिए एक साक्षात्कार में कहा, ‘‘इसमें कोई संशय नहीं होना चाहिए। इस बात के लिए किसी और स्पष्टता की आवश्यकता नहीं है कि यह एक संयुक्त रक्षा समझौता है।’’उन्होंने कहा कि पाकिस्तान समझौते के तहत सऊदी अरब के प्रति अपनी प्रतिबद्धताओं का सम्मान करेगा। आसिफ ने कहा, “इसमें कोई संदेह नहीं होना चाहिए। हम इस समझौते की शर्तों से बंधे हैं और जरूरत पड़ने पर हम इन शर्तों का पूरी तरह पालन करेंगे।”हालांकि, आसिफ ने कहा कि हूती हमलों के बाद पाकिस्तान और सऊदी अरब के बीच किसी संपर्क के बारे में उन्हें जानकारी नहीं है। उन्होंने कहा कि यह समझौता रक्षात्मक प्रकृति का है और यह तीनों देशों को अपनी पहल पर किसी अन्य देश के खिलाफ हमला करने का अधिकार नहीं देता है। मंत्री ने कहा, “इस समझौते का मकसद आक्रामक कार्रवाई करना नहीं है। इसके तहत तीनों देश अपनी ओर से पहल करके किसी दूसरे देश पर हमला नहीं करेंगे। लेकिन अगर किसी एक सदस्य देश के खिलाफ आक्रामक कार्रवाई होती है, तो तीनों सदस्य देश मिलकर उसका जवाब देंगे।”उन्होंने उम्मीद जताई कि तनाव कम होगा, लेकिन हूतियों को चेतावनी दी कि वे यमन संघर्ष को देश की सीमाओं से बाहर न ले जाएं।
अमेरिका ने ईरान पर दो दिनों में दो बार अमेरिकी युद्धपोत पर बैलिस्टिक मिसाइलें दागने का आरोप लगाने के बाद, ओमान की खाड़ी और खार्ग द्वीप के पास ईरान के पांच तेल टैंकरों पर हमला किया है। ईरान ने मंगलवार को हुए हमलों का जवाब जॉर्डन में अल-अज़राक बेस पर तैनात अमेरिकी सेना पर मिसाइलें दागकर दिया। उसने इलाके में कम से कम दो अमेरिकी जहाजों और आठ टैंकरों पर और हमले करने का भी दावा किया और कहा कि इन हमलों से भारी नुकसान हुआ है। ईरान के ख़िलाफ़ अमेरिका और इज़राइल की जंग के छह महीने बाद खाड़ी में बढ़ते तनाव के बीच गोलीबारी हुई है। इस दौरान तेहरान ने होर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को बंद कर दिया है और वाशिंगटन ने ईरानी बंदरगाहों पर नौसैनिक नाकेबंदी लागू कर दी है। इस तनाव के कारण बुधवार को शुरुआती कारोबार में तेल की कीमतें $99.49 प्रति बैरल तक पहुँच गईं। इसे भी पढ़ें: मुस्लिम NATO की पहली मीटिंग में ऐसा ऐलान, बुरे फंसे नेतन्याहू! मंगलवार देर रात जारी एक बयान में, अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने कहा कि ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने पिछले दो दिनों में दो बार अमेरिकी युद्धपोत को निशाना बनाने की कोशिश की, लेकिन वह जहाज़ ईरान के हमलों की कोशिशों से सफलतापूर्वक बच निकला। इसमें कहा गया, किसी भी अमेरिकी कर्मी को कोई नुकसान नहीं पहुँचा। CENTCOM ने बताया कि उसने ओमान की खाड़ी में ईरानी तेल टैंकरों - M/T Kaviz, M/T Charminar, M/T Horizon 1 और M/T Riesco - के साथ-साथ खार्ग द्वीप के पास M/T Derya पर हमला करके उन्हें नष्ट कर दिया। इसे भी पढ़ें: Iran War खत्म होते ही Trump चलेंगे बड़ी चाल! इजरायल से लेकर सऊदी अरब तक बदलेंगे समीकरण CENTCOM ने आगे कहा, अमेरिकी सेना ने जहाजों पर हमला करने और उन्हें बेकार करने से पहले उनके क्रू को जहाज छोड़ने का निर्देश दिया। बाद में उसने एक वीडियो जारी किया, जिसमें ओमान की खाड़ी में M/T Riesco को डूबते हुए दिखाया गया था।
Saudi Arabia Yemen War: Houthis ने सऊदी में घुसकर मारना शुरु किया ARAMCO Refinery फूंक दी| Iran
Iran ईरान अमेरिका इजरायल जंग के बीच एक और जंग भीषण हो गई है...जी हां सऊदी अरब और यमन के अंसारुल्लाह की अदावत अब उस मोड़ पर जा पहुंची है कि सऊदी ने तय कर लिया है कि हूतियों के कंट्रोल वाले यमन की राजधानी सना पर किसी भी सूरत में कब्जा करना है…
यूक्रेन-रूस के बीच बिना शर्त युद्धविराम जरूरी, यूएन प्रमुख गुटेरेस ने की अपील
संयुक्त राष्ट्र, 9 सितंबर . संयुक्त राष्ट्र (यूएन) के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने हाल की कूटनीतिक कोशिशों का स्वागत करते हुए उम्मीद जताई है कि यूक्रेन और रूस के बीच बातचीत फिर से शुरू होगी. यह जानकारी उनके प्रवक्ता ने दी. Tuesday (स्थानीय समय) को संयुक्त राष्ट्र महासचिव के प्रवक्ता स्टीफन दुजारिक ने कहा कि ... Read more
ईरान-अमेरिका युद्ध का नया दौर, फिर बढ़ीं तेल की कीमतें
US Military Action Middle East: होर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) पर नियंत्रण की लड़ाई में अमेरिका और ईरान ने 2 सितंबर से एक बार फिर एक-दूसरे पर हमला करना शुरू कर दिया है, जिससे तेल की कीमतें फिर से बढ़ने लगी हैं।
वीडियो गेम में चलते युद्ध का प्रवेश: मनोवैज्ञानिक युद्ध से कैसे बदल रहा राजनीतिक प्रचार?
वीडियो गेम में चलते युद्ध का प्रवेश: मनोवैज्ञानिक युद्ध से कैसे बदल रहा राजनीतिक प्रचार?
US-Iran Tension: अमेरिकी युद्धपोत पर मिसाइल हमला नाकाम, 5 ईरानी तेल टैंकरों पर कार्रवाई
US-Iran Tension: अमेरिकी युद्धपोत पर मिसाइल हमला नाकाम, 5 ईरानी तेल टैंकरों पर कार्रवाई
छह महीने पहले शुरू हुआ तनाव अब सीधे समुद्री व्यापारिक मार्गों और ऊर्जा अवसंरचनाओं पर हमलों के रूप में तब्दील हो चुका है, जिससे पूरे क्षेत्र में बड़े पैमाने पर युद्ध का खतरा मंडरा रहा है।
युद्ध का फायदा उठा रहा अमेरिका: भारत का एलपीजी आयात छह माह में 281% बढ़ा; क्या खाड़ी देशों की पकड़ कमजोर हुई?
अमेरिका-कनाडा व्यापार युद्ध: ट्रंप के टैरिफ का कनाडा ने दिया जवाब; स्टील समेत क्या सामान महंगे होंगे?
ट्रंप ने पुतिन को मिलाया फोन: यूक्रेन युद्ध जल्द खत्म करने पर हुई बात, यूरोप के खिलाफ आक्रामकता पर क्या बोले रूसी राष्ट्रपति?
Moradabad News: सऊदी अरब से भेजे गए 1.38 लाख रुपये हड़पने का आरोप
सऊदी अरब से भेजे गए 1.38 लाख रुपयेहड़पनेका आरोप
रूस-यूक्रेन युद्ध खत्म कराने की कोशिश में भारत, दोनों देशों के संपर्क में दिल्ली: विदेश मंत्रालय
विदेश मंत्रालय ने रूस-यूक्रेन संघर्ष पर भारत के पुराने रुख को दोहराया है। मंत्रालय ने मंगलवार को कहा कि भारत का मानना है कि युद्ध का समाधान युद्ध के मैदान से नहीं निकलेगा...
हूतियों का सऊदी अरब पर बड़ा हमला; हथियारों से भरे ट्रक किए तबाह, अब पलटवार करेगा रियाद
ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों ने सऊदी-यमन सीमा पर अल-वादिया के पास हथियार से लदे ट्रकों पर बैलिस्टिक मिसाइल हमला कर उसे उड़ाने का दावा किया है।
Houthis Attack Saudi Arabia में ARAMCO Refinery धू-धू कर जली | Yemen War | Iran | Bin Salman
Houthis Attack Saudi Arabia में ARAMCO Refinery धू-धू कर जली | Yemen War | Iran | Bin Salman
Iran America War के बीच Qatar का US से क्यों उठ गया भरोसा | Trump | Saudi| UAE। Hormuz
मिडिल ईस्ट में अमेरिका के बड़े पार्टनर और उसे अपनी जमीन पर सबसे बड़ा फौजी अड्डा देने वाले कतर के सुर अमेरिका को लेकर बदलने लगे हैं...जी हां ईरान के जरिए हुई पिटाई और तुम्हारी जमीन से हमला होगा तो तुम पहले पिटोगे के फलसफे का असर दिखने लगा है....
चीनी प्रधानमंत्री ने कतर के प्रधानमंत्री से भेंट की
बीजिंग, 8 सितंबर . चीनी Prime Minister ली छ्यांग ने 7 सितंबर की दोपहर के बाद पेइचिंग में कतर के Prime Minister और विदेश मंत्री मोहम्मद बिन अब्दुलरहमान अल-थानी से भेंट की. ली छ्यांग ने कहा कि कतर मध्यपूर्व और खाड़ी क्षेत्र में चीन का महत्वपूर्ण रणनीतिक साझेदार है. चीन कतर के साथ संपर्क को ... Read more
चीन और तुर्की की मदद से तैयार पाकिस्तान का नया एयर डिफ़ेंस सिस्टम क्या ब्रह्मोस को रोक पाएगा?
पाकिस्तान की वायु सेना ने ड्रोन और दूसरे कम ऊंचाई वाले हवाई ख़तरों से निपटने के लिए मिसाइल, ऑटोमैटिक तोप और काउंटर-ड्रोन सिस्टम वाली बहुस्तरीय रक्षा संरचना बनाई है.
पश्चिम बंगाल के बांकुड़ा जिले में दामोदर नदी के किनारे द्वितीय विश्व युद्ध का एक पुराना मोर्टार शेल मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। शेल मिलने की सूचना मिलते ही पुलिस ने क्षेत्र को घेराबंदी कर सुरक्षित कर दिया और भारतीय सेना को इसकी जानकारी दी।
मणिपुर के मोइरांग में आईएनए संग्रहालय और युद्ध स्मारक पहुंचे उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन
इंफाल, 8 सितंबर . उपPresident सीपी राधाकृष्णन ने Tuesday को मणिपुर के बिष्णुपुर जिले स्थित मोइरांग में भारतीय राष्ट्रीय सेना (आईएनए) संग्रहालय और युद्ध स्मारक का दौरा किया. इस दौरान उन्होंने नेताजी सुभाष चंद्र बोस के नेतृत्व में आजादी की लड़ाई लड़ने वाले आईएनए के सैनिकों के बलिदान को नमन किया. मोइरांग स्थित आईएनए संग्रहालय ... Read more
कतर ने लाल सागर में व्यापारिक जहाजों और सऊदी अरब के शहरों में हूती समूहों के हमलों की निंदा की। कतर ने कहा हूती समूह अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों की सुरक्षा और आवाजाही की स्वतंत्रता को खतरे में डाल रहा है। कतर ने ऐसी गैर-जिम्मेदाराना हरकतों को तुरंत रोकने की आवश्यकता पर जोर देते हुए अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपनी जिम्मेदारी निभाने की अपील की।
सऊदी अरब पर हूती समूह के हमले खतरनाक रूप से तनाव बढ़ाने वाले : सैन्य गठबंधन
रियाद, 8 सितंबर . यमन की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त Government का समर्थन करने वाले सऊदी अरब के नेतृत्व वाले सैन्य गठबंधन ने Tuesday को कहा कि हूती समूह की ओर से सऊदी अरब पर किए गए हमले ‘खतरनाक रूप से तनाव बढ़ाने वाले’ हैं. social media प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर जारी एक पोस्ट में ... Read more
अमेरिकी शांति दूतों के जाते ही टूटा युद्धविराम ; रूस ने यूक्रेन पर फिर शुरू किए हमले, दो की मौत
अमेरिकी शांति दूतों के जाते ही टूटा युद्धविराम ; रूस ने यूक्रेन पर फिर शुरू किए हमले, दो की मौत
फिर महंगा होगा पेट्रोल-डीजल? सऊदी अरब के प्लांट्स पर हूतियों का हमला; लगी भीषण आग
सऊदी अरब के तेल प्लांट्स पर हूतियों ने हमला कर दिया है। जानकारी के मुताबिक कई यूनिट तबाह हो गए हैं। अब भी भीषण आग लगी हुई है। इन घटनाओं में 70 से ज्यादा लोगों के घायल होने की खबर है।
सऊदी अरब दौरे पर कीर्ति वर्धन सिंह: भारतीय समुदाय से की मुलाकात, कहा- आपका योगदान अमूल्य
रियाद, 8 सितंबर . केंद्रीय विदेश राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह ने सऊदी अरब में भारतीय समुदाय के एक बड़े वर्ग के साथ संवाद किया और प्रमुख क्षेत्रों में द्विपक्षीय संबंधों को गहरा करने में उनकी भूमिका की सराहना की. सिंह ने समुदाय से Prime Minister Narendra Modi के ‘विकसित India 2047’ के विजन को ... Read more
अंतरराष्ट्रीय कूटनीति के पटल पर एक बार फिर से दुनिया की निगाहें ब्रिक्स (BRICS) देशों की बैठकों पर टिक गई हैं, क्योंकि पश्चिम एशिया में सुलग रही युद्ध की भीषण आग ने वैश्विक अर्थव्यवस्था और शांति के सामने एक गंभीर संकट खड़ा कर दिया है। इसी सुलगते भू-राजनीतिक माहौल के बीच ब्रिक्स देशों के शेरपाओं की एक बेहद महत्वपूर्ण और उच्चस्तरीय बैठक का आयोजन किया गया है, जिसमें विशेष रूप से पश्चिम एशिया के मौजूदा हालात और आगामी दिल्ली घोषणापत्र के विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की जा रही है। दुनिया के तमाम प्रमुख उभरते हुए आर्थिक महाशक्तियों के प्रतिनिधि एक मंच पर बैठकर इस बात का मंथन कर रहे हैं कि कैसे इस क्षेत्रीय संघर्ष के प्रभावों को ग्लोबल लेवल पर नियंत्रित किया जाए और शांति बहाली के लिए एक साझा कूटनीतिक रुख अपनाया जाए। हालांकि, इस बैठक के एजेंडे में सबसे बड़ा और संवेदनशील मुद्दा पिछली बार की तरह ही इस बार भी खाड़ी देशों के आपसी मतभेद बने हुए हैं, क्योंकि पिछले सम्मेलन के दौरान ईरान और संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के बीच तीखी तनातनी देखने को मिली थी, जिसने इस बहुपक्षीय मंच की एकता पर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे।ब्रिक्स शेरपाओं की इस आपात बैठक का मुख्य उद्देश्य और वैश्विक कूटनीति में इसका महत्वजब दुनिया के विभिन्न हिस्से युद्ध, आर्थिक मंदी और आपूर्ति श्रृंखला की बाधाओं से जूझ रहे हैं, तब ब्रिक्स जैसे प्रभावशाली संगठन की भूमिका और भी ज्यादा प्रासंगिक हो जाती है। ब्रिक्स शेरपाओं की इस बैठक का प्राथमिक उद्देश्य सदस्य देशों के बीच आपसी तालमेल को मजबूत करना और पश्चिम एशिया में जारी खूनी संघर्ष के बीच एक संतुलित तथा शांतिपूर्ण दृष्टिकोण तैयार करना है। दिल्ली घोषणापत्र के प्रारूप को अंतिम रूप देने से पहले सभी देशों के प्रतिनिधि हर एक बिंदु पर बारीकी से विचार कर रहे हैं ताकि किसी भी ऐसे संवेदनशील विषय पर आम सहमति बनाई जा सके जिससे किसी एक देश की संप्रभुता या कूटनीतिक संबंधों को ठेस न पहुंचे। भारत की मेजबानी और नेतृत्व में आयोजित होने वाली इस बैठक में यह सुनिश्चित करने की पूरी कोशिश की जा रही है कि ग्लोबल साउथ की आवाज को अंतरराष्ट्रीय मंचों पर और अधिक मजबूती के साथ उठाया जाए, विशेषकर तब जब पश्चिमी देश अपने हितों के अनुसार नीतियों को आकार दे रहे हैं।पिछली बार ईरान और यूएई के बीच हुए विवाद की कड़वी यादें और इस बार की चुनौतियांब्रिक्स समूह का विस्तार होने के बाद से इसमें शामिल नए और पुराने सदस्य देशों के बीच भू-राजनीतिक समीकरण काफी जटिल हो चुके हैं, जिसकी एक बानगी हमें पिछली बैठकों में देखने को मिली थी। मध्य पूर्व के दो प्रमुख देश, ईरान और यूएई, जिनके बीच ऐतिहासिक और राजनीतिक स्तर पर गहरे मतभेद रहे हैं, वे जब एक ही मंच पर आते हैं तो क्षेत्रीय तनावों की आंच बैठकों के अंदर तक महसूस की जाने लगती है। पिछली बार जब खाड़ी के इन दोनों देशों के प्रतिनिधि आमने-सामने आए थे, तो क्षेत्रीय सुरक्षा और आतंकवाद के मुद्दों पर तीखी बहस छिड़ गई थी, जिसके कारण साझा बयानों और घोषणापत्रों को तैयार करने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा था। विश्लेषकों का मानना है कि इस बार भी ईरान और यूएई के बीच के उन पुराने तनावों के उभरने का पूरा अ अंदेशा बना हुआ है, और ब्रिक्स शेरपाओं के सामने सबसे बड़ी चुनौती यही होगी कि वे कूटनीतिक कौशल का परिचय देते हुए इन दोनों देशों को एक मंच पर साधकर रखें ताकि संगठन की एकता अक्षुण्ण बनी रहे।दिल्ली घोषणापत्र और पश्चिम एशिया संकट पर भारत की संतुलित कूटनीति की भूमिकाभारत ने हमेशा से वसुधैव कुटुंबकम और शांति के सिद्धांतों पर चलते हुए सभी देशों के साथ अपने मधुर कूटनीतिक संबंधों को बनाए रखा है, और ब्रिक्स के इस मंच पर भी भारत की यही कोशिश है कि किसी भी तरह के ध्रुवीकरण से बचा जाए। पश्चिम एशिया में फंसे लाखों भारतीयों और वहां की अर्थव्यवस्था पर निर्भरता के चलते भारत के लिए यह क्षेत्र रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण है, इसलिए दिल्ली घोषणापत्र में शांति, क्षेत्रीय अखंडता और कूटनीतिक बातचीत के जरिए समाधान निकालने पर सबसे ज्यादा जोर दिया जा रहा है। ब्रिक्स के अन्य सदस्य देश जैसे रूस, चीन, ब्राजील और दक्षिण अफ्रीका भी इस बात पर सहमत नजर आ रहे हैं कि दुनिया को एक और बड़े आर्थिक संकट से बचाने के लिए पश्चिम एशिया में तुरंत युद्धविराम होना चाहिए। भारत का यह कूटनीतिक प्रयास रंग लाता है या नहीं, यह इस बात पर निर्भर करेगा कि शेरपा स्तर की इस बैठक में सभी देश अपने क्षेत्रीय अहंकारों को छोड़कर वैश्विक कल्याण के एजेंडे पर कितनी जल्दी और कितनी सहजता से राजी होते हैं।भविष्य के भू-राजनीतिक समीकरण और ब्रिक्स समूह की बढ़ती हुई वैश्विक जवाबदेहीआने वाले समय में ब्रिक्स केवल आर्थिक सहयोग तक सीमित नहीं रहने वाला है, बल्कि यह दुनिया की नई राजनीतिक व्यवस्था को दिशा देने वाला एक प्रमुख मंच बनकर उभर रहा है। पश्चिम एशिया के युद्ध जैसे गंभीर मामलों पर ब्रिक्स देशों का एक सुर में बोलना या बंटा हुआ नजर आना यह तय करेगा कि वैश्विक स्तर पर इस संगठन का कितना वजन माना जाएगा। ईरान-यूएई के आपसी तनाव को सुलझाते हुए एक ठोस और सर्वमान्य दिल्ली घोषणापत्र तैयार करना इस बैठक की सबसे बड़ी सफलता होगी, जो दुनिया को यह संदेश देगी कि बहुध्रुवीय विश्व में आपसी संवाद से हर बड़े संकट का समाधान निकाला जा सकता है। कूटनीतिक गलियारों में इस बात की चर्चा जोरों पर है कि यदि ब्रिक्स इस परीक्षा में सफल हो जाता है, तो अंतरराष्ट्रीय राजनीति में इसका कद और भी ज्यादा बुलंद हो जाएगा, जिससे दुनिया के तमाम विकासशील देशों को एक नई उम्मीद की किरण दिखाई देगी।
Muslim NATO Alliance चाह कर भी नहीं कर पाता एक दूसरे की मदद,अंदर की कहानी| Saudi|Turkey |Pakistan
Muslim NATO Alliance चाह कर भी नहीं कर पाता एक दूसरे की मदद,अंदर की कहानी| Saudi|Turkey |Pakistan मुस्लिम नाटो बन तो गया है..लेकिन क्या ये एक दूसरे की मदद कर पाएगा....इसको लेकर सोशल मीडिया पर बहस छिड़ी रहती है.…
Houthi विद्रोहियों के हमलों से दहला Saudi Arabia, 73 लोग हुए घायल
काहिरा, आठ सितंबर (एपी) ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों द्वारा मंगलवार तड़के सऊदी अरब पर किए गए हमलों में 73 लोग घायल हो गए। सऊदी अरब के अधिकारियों ने यह जानकारी दी। यमन में हूतियों के खिलाफ लड़ रहे सऊदी अरब के नेतृत्व वाले गठबंधन के प्रवक्ता मेजर जनरल तुर्की अल-मलिकी ने बताया कि विद्रोहियों ने सऊदी अरब के अबहा जजान, नजरान और खमिस मुशैत शहरों में ‘‘असैन्य और आर्थिक प्रतिष्ठानों’’ को निशाना बनाया। उन्होंने कहा कि सऊदी अरब के नेतृत्व वाला गठबंधन ‘‘आतंकवादी हूती मिलिशिया को रोकने के लिए पूरी दृढ़ता के साथ सभी आवश्यक सैन्य कार्रवाई करेगा।’’हूतियों ने इन हमलों से पहले आरोप लगाया था कि सऊदी अरब ने यमन के उत्तरी प्रांत अल-जौफ में स्थित एक जेल पर हमला किया है। ये हमले यमन में हूतियों और सऊदी अरब समर्थित सरकारी बलों के बीच कई हफ्तों से जारी बढ़ती लड़ाई के बीच हुए हैं। इस लड़ाई ने यमन के गृहयुद्ध में चार साल से जारी संघर्षविराम को खत्म कर दिया है।
पश्चिम एशिया में जारी व्यापक सैन्य संघर्ष के बीच सऊदी अरब ने यमन में ईरान-समर्थित हूती विद्रोहियों (Houthi Movement) के ठिकानों पर नए सिरे से जोरदार हवाई हमले (Airstrikes) किए हैं। यह सैन्य कार्रवाई हूतियों द्वारा लाल सागर में सऊदी समर्थक व्यापारिक जहाजों की नाकाबंदी, सऊदी ठिकानों पर मिसाइल-ड्रोन हमलों और जाजान रिफाइनरी को निशाना बनाने की कोशिशों के जवाब में की गई है।सऊदी अरब के इस आक्रामक कदम के बाद अब अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा विशेषज्ञों की निगाहें 7 अगस्त 2026 को सऊदी अरब, तुर्किए और पाकिस्तान के बीच हस्ताक्षरित ऐतिहासिक 'मक्का संयुक्त रक्षा समझौते' (Mecca Joint Defence Agreement) पर टिक गई हैं। रक्षा विश्लेषकों का मानना है कि यमन का ताजा घटनाक्रम इस त्रिपक्षीय सैन्य गठबंधन की विश्वसनीयता और सीमाओं की पहली वास्तविक परीक्षा साबित होने जा रहा है।क्या है 'मक्का पैक्ट'? नाटो के आर्टिकल-5 जैसी सामूहिक सुरक्षा का वादासऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान, तुर्किए के राष्ट्रपति रेसेप तैयप एर्दोगन और पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ द्वारा मक्का में हस्ताक्षरित यह त्रिपक्षीय समझौता नाटो (NATO) की तर्ज पर डिजाइन किया गया है:सामूहिक रक्षा का सिद्धांत: समझौते का मुख्य क्लॉज यह तय करता है कि तीनों सदस्य देशों में से किसी एक पर भी हुआ सशस्त्र हमला (Armed Attack) तीनों देशों पर हमला माना जाएगा।भूमिकाओं का संतुलन: इस समझौते के तहत सऊदी अरब के पास असीम वित्तीय संसाधन हैं, तुर्किए के पास आधुनिक डीप-टेक रक्षा उद्योग (जैसे बायरक्तार ड्रोन और एयर डिफेंस) है, जबकि पाकिस्तान के पास विशाल सैन्य जनशक्ति (Foot Soldiers) और रणनीतिक अनुभव है।उद्देश्य: अमेरिका के पारंपरिक सुरक्षा छतरी (Security Umbrella) पर अत्यधिक निर्भरता कम करके इस्लामिक दुनिया की तीन प्रमुख ताकतों का एक स्वतंत्र सुरक्षा नेटवर्क तैयार करना।क्या अब एक्टिव होगा मक्का पैक्ट? तकनीकी और रणनीतिक पेचहूतियों के खिलाफ सऊदी अरब की एयरस्ट्राइक और बदले में हूतियों द्वारा सऊदी शहरों व तेल प्रतिष्ठानों पर हमलों के बाद सवाल उठ रहा है कि क्या पाकिस्तान और तुर्किए को अपनी सेनाएं सऊदी की मदद के लिए भेजनी पड़ेंगी? रक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, इसका तत्काल 'फुल-स्केल' एक्टिवेशन इतना सीधा नहीं है:आक्रामक बनाम रक्षात्मक कार्रवाई: मक्का पैक्ट मूलतः एक 'डिफेंसिव' (रक्षात्मक) गठबंधन है। सऊदी अरब द्वारा यमन के भीतर जाकर की गई प्री-एम्प्टिव एयरस्ट्राइक को तकनीकी रूप से सीधे 'सऊदी पर विदेशी आक्रमण' नहीं माना जा सकता।हूती नॉन-स्टेट एक्टर हैं: पारंपरिक रूप से नाटो जैसी संधियां संप्रभु राष्ट्रों के हमलों के खिलाफ लागू होती हैं। हूती विद्रोही एक गैर-राज्य मिलिशिया (Non-state actor) हैं। ऐसे में तुर्किए और पाकिस्तान इसे सऊदी-यमन का स्थानीय सीमा संघर्ष मानकर प्रत्यक्ष रूप से युद्ध में कूदने से बच सकते हैं।सऊदी को युद्ध नहीं, 'डिफेंस शील्ड' की जरूरत: सऊदी अरब को पाकिस्तान या तुर्किए से यमन में जमीनी सेना उतारने की जरूरत नहीं है, बल्कि उसे अपने तेल रिफाइनरियों, हवाई अड्डों और बंदरगाहों की सुरक्षा के लिए तुर्किए की उन्नत ड्रोन-रोधी तकनीक, रडार, मिसाइल इंटरसेप्टर और पाकिस्तानी एयर डिफेंस ऑपरेटरों की तकनीकी मदद चाहिए।पाकिस्तान के सामने क्या है सबसे बड़ी चुनौती?पाकिस्तान इस त्रिपक्षीय समझौते में शामिल तो हो गया है, लेकिन यमन युद्ध के इस ताजा मोड़ ने इस्लामाबाद को भीषण कूटनीतिक और घरेलू दुविधा में डाल दिया है:ईरान के साथ 900 किमी की सीमा और सीधा टकराव: हूतियों को खुला सैन्य और वित्तीय समर्थन ईरान से मिलता है। यदि पाकिस्तान सऊदी अरब के समर्थन में हूतियों पर सीधा हमला करता है या यमन सीमा पर सैनिक भेजता है, तो इससे उसके पड़ोसी देश ईरान के साथ रिश्ते अत्यधिक तनावपूर्ण हो जाएंगे। दोनों देशों के बीच पहले से ही बलूचिस्तान सीमा पर सुरक्षा संकट बना हुआ है।2015 की संसद का प्रस्ताव: वर्ष 2015 में जब सऊदी अरब ने यमन में 'ऑपरेशन डिसीसिव स्टॉर्म' शुरू किया था, तब पाकिस्तान की संसद ने सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर यमन युद्ध में तटस्थ (Neutral) रहने और अपनी सेना न भेजने का फैसला किया था। यदि मौजूदा सरकार सेना को यमन के दलदल में धकेलती है, तो पाकिस्तान में भारी आंतरिक और राजनीतिक विरोध शुरू हो जाएगा।आर्थिक मजबूरी: पाकिस्तान अपनी कमजोर अर्थव्यवस्था, विदेशी मुद्रा भंडार और आईएमएफ बेलआउट के लिए सऊदी रियाल पर पूरी तरह निर्भर है। रियाद की किसी भी सीधी मांग को खारिज करना इस्लामाबाद के लिए वित्तीय रूप से आत्मघाती हो सकता है।तुर्किए के सामने क्या है दुविधा?तुर्किए के राष्ट्रपति रेसेप तैयप एर्दोगन के सामने भी चुनौतियां कम नहीं हैं:नाटो बनाम मक्का पैक्ट का विरोधाभास: तुर्किए पहले से ही नाटो का एक सक्रिय और शक्तिशाली सदस्य देश है। यदि तुर्किए मध्य पूर्व के किसी ऐसे संघर्ष में गहराई से उलझता है जिसमें अमेरिका की सहमति नहीं है, तो वाशिंगटन और पश्चिमी सहयोगियों के साथ उसके संबंध और अधिक जटिल हो सकते हैं।रीजनल लीडरशिप और मध्यस्थ की भूमिका: अंकारा हमेशा मुस्लिम दुनिया में एक मध्यस्थ और स्वतंत्र शक्ति के रूप में खुद को स्थापित करना चाहता है। यमन में एक पक्ष की ओर से खुलकर युद्ध में उतरने से खाड़ी और अरब जगत में तुर्किए की स्वतंत्र कूटनीति कमजोर पड़ सकती है।तकनीकी आपूर्ति तक सीमित रहने की रणनीति: तुर्किए सीधे युद्ध में भाग लेने के बजाय सऊदी अरब को अपने अत्याधुनिक एंटी-ड्रोन सिस्टम, इलेक्ट्रॉनिक वॉरफेयर सूट और बायरक्तार ड्रोन तकनीक देकर पैक्ट की औपचारिकता पूरी करने की कोशिश करेगा।क्या निकलेगा बीच का रास्ता?फिलहाल 'मक्का पैक्ट' के तहत पूर्ण युद्ध की घोषणा (Full-scale War Declaration) होने की संभावना बेहद कम है। इसके बजाय तीनों देश एक मध्य मार्ग अपना सकते हैं:खुफिया और लॉजिस्टिक्स शेयरिंग: तुर्किए और पाकिस्तान, सऊदी अरब को लाल सागर और यमन सीमा पर निगरानी के लिए उपग्रह डेटा, रडार ट्रैकिंग और इंटेलिजेंस इनपुट साझा करेंगे।एयर डिफेंस की तैनाती: पाकिस्तान अपनी वायुसेना और एयर डिफेंस के तकनीकी सलाहकारों को सऊदी अरब के महत्वपूर्ण ऊर्जा संयंत्रों और बंदरगाहों की हिफाजत के लिए तैनात रख सकता है।राजनयिक दबाव: तीनों देश मिलकर ईरान पर कूटनीतिक दबाव बना सकते हैं ताकि हूतियों को सऊदी तेल ठिकानों और लाल सागर के जहाजों पर सीधे हमले करने से रोका जा सके।देशमक्का पैक्ट में भूमिकावर्तमान चुनौती / रुखसऊदी अरबवित्तीय स्रोत, मुख्य नेतृत्व व यमन सीमा सुरक्षातेल बुनियादी ढांचे और समुद्री व्यापार पर हूती हमलों से बचावपाकिस्तानथल व वायुसेना जनशक्ति, तकनीकी ऑपरेटरईरान से दुश्मनी का डर, घरेलू विरोध व आर्थिक मजबूरीतुर्किएडीप-टेक रक्षा उद्योग, उन्नत ड्रोन व मिसाइल सुरक्षानाटो के साथ संतुलन और मध्य पूर्व के युद्ध में सीधे फंसने से बचाव
'ईरान से युद्ध जीतते ही तेल होगा सस्ता': ट्रंप बोले- 2 डॉलर से नीचे जाएगी गैस; एर्दोगन ने इस्राइल को कैसे घेरा?Donald trump iran war oil prices below two dollars erdogan israel
लेबनान में इस्राइली हमले में 12 की मौत: हूती लड़ाकों का दावा- सऊदी विमान गिराया; प. एशिया में क्या हैं हालात?
Agra News: सब-जूनियर बालक फुटबॉल प्रतियोगिता में कई जिलों ने दर्ज की एकतरफा जीत
खेल निदेशालय, उत्तर प्रदेश एवं उत्तर प्रदेश फुटबॉल संघ के संयुक्त तत्वावधान में सोमवार को एकलव्य स्पोर्ट्स स्टेडियम में प्रादेशिक सब-जूनियर बालक फुटबॉल प्रतियोगिता का आयोजन किया गया।
Bahraich News: कतर्नियाघाट जंगल से सटे गांवों में लगेंगी 1,500 स्ट्रीट लाइटें
कतर्नियाघाट जंगल से सटे गांवों में लगेंगी 1,500 स्ट्रीट लाइटें
जम्मू-कश्मीर के पहले अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव (आईएफएफजेके) का श्रीनगर में मुख्य सचिव अटल डुल्लू ने लेबनान की फिल्म 'डेड डॉग' की स्क्रीनिंग के साथ शानदार आगाज किया।
संकट में बहुपक्षवाद: क्या बिखर रही है द्वितीय विश्व युद्ध के बाद बनी वैश्विक व्यवस्था?
अब जब सभी देश दुनिया के नए समीकरणों को समझने और तलाशने में जुटे हैं, तो ऐसे में कुछ देशों की ताकत और दबदबा बढ़ सकता है, जबकि कई देशों को बड़ा नुकसान उठाना पड़ सकता है
चंडीगढ़ में 14 सितंबर तक सरोवर पथ एकतरफा ट्रैफिक रहेगा बंद, वैकल्पिक मार्गों से गुजरने की अपील
चंडीगढ़ में सरोवर पथ (वी-3 रोड) पर 14 सितंबर तक एकतरफा ट्रैफिक बंद रहेगा। यह फैसला सेक्टर-50 और 51 के बीच सड़क के रीकार्पेटिंग कार्य के कारण लिया गया है।
'युद्ध नशे के विरुद्ध' का बड़ा असर! नशा मुक्ति केंद्रों में 164% बढ़े दाखिले, जानिए कैसे बदली तस्वीर
पंजाब में नशा मुक्ति केंद्रों में दाखिले तेजी से बढ़े हैं। 2025 में संख्या 25,290 पहुंची, जबकि पुनर्वास केंद्रों में 8,574 लोग दाखिल हुए। 2026 में भी बढ़ोतरी जारी है।
आज उठेगा किसान मोर्चा!: सरकार ने मौखिक ताैर पर मानी अधिकतर मांगें, लिखित आश्वासन के इंतजार में किसान
चंडीगढ़-मोहाली सीमा पर मांगों को लेकर पक्का मोर्चा लगाए संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) और पंजाब सरकार के बीच रविवार को हुई बैठक में अधिकतर मांगों पर मौखिक सहम
पुतिन से मुलाकात के बाद कीव पहुंचे अमेरिकी दूत, जेलेंस्की से वार्ता; युद्ध खत्म होने पर दिया अपडेट
अमेरिकी मध्यस्थता के बीच रविवार को कीव और मास्को में अपेक्षाकृत शांति रही और बड़े हमलों की कोई जानकारी सामने नहीं आई। हालांकि, काला सागर में यूक्रेन के एक जहाज पर रूस के हमले की खबर ने तनाव पूरी तरह खत्म होने की उम्मीदों को झटका दिया है।
बुशरा बानो का जन्म उत्तर प्रदेश के कन्नौज जिले में हुआ। वो पढाई में काफी तेज थीं। उनके पास कई डिग्रियां हैं जैसे पीएचडी, एमबीए एम और नेट-जेआरफ। बुशरा बानो ने अपनी अपनी 12वीं की पढ़ाई खत्म करने के बाद अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी यानी एएमयू से उच्च शिक्षा प्राप्त की।
बनारसी साड़ी के सभी प्रोडक्ट आगामी 10 सितंबर से महंगे हो जाएंगे। बुनकरों के प्रतिष्ठित संस्था बुनकर उद्योग मंडल ने इस बात का आह्वान किया है। इस फैसले पर बुनकर बिरादराना तंजीम, बुनकर उद्योग मंडल, हिंदू बुनकर कल्याण समिति तथा गिरस्ता एवं व्यापारी बंधुओं ने अपनी सहमति जताई है। बनारसी साड़ी का कच्चा माल अमेरिका- ईरान युद्ध के बाद से महंगा हुआ है। क्योंकि ये सभी पेट्रो प्रोडेक्टस हैं। कच्चे माल पर बढ़ा दाम बुनकर उद्योग मंडल के महासचिव मोहम्मद जुबेर ने बताया - 10 सितंबर 2026 से बनारसी साड़ी, दुपट्टा, थान, सूट फैब्रिक समेत तैयार कपड़ों की कीमतों में 10 से 15 फीसदी तक बढ़ोतरी की तैयारी है। पिछले एक सप्ताह से हम लोगों ने बुनकर के सभी संगठनों एक कर एक सहमति बनाई है। कच्चे माल पर 20 से 25 प्रतिशत दाम बढ़ गया है। ऐसे हम लोगों ने यह फैसला लिया है कि अब आने वाली 10 सितंबर से हमारे प्रोडक्ट का दाम बढ़ाकर मार्केट में भेजेंगे। सभी गद्दीदार सहमत जुबेर ने बताया - इस बढ़ोत्तरी में कोई विरोधाभास नहीं है। क्योंकि हमारा जो कच्चा माल महंगा हुआ है। उसके लिए हमें अपना प्रोडक्ट महंगा करना पड़ रहा है। गद्दीदार जो हैं जहां से प्रोडक्ट लोग खरीद्ते हैं। वो भी इस बात से सहमत हैं। मार्किट दाम बढ़ाने के लिए सहमत है। अमेरिका-ईरान युद्ध का इफेक्ट सहकार भारती के प्रदेश प्रमुख और वाराणसी वस्त्र बुनकर संघ के उपाध्यक्ष शैलेश सिंह ने बताया - अमेरिका-ईरान युद्ध का सीधा असर पेट्रो प्रोडक्ट्स पर पड़ रहा है। बनारसी साड़ी में ज्यादातर पेट्रो प्रोडक्ट्स ही इस्तेमाल होता है। ऐसे में दाम बढ़ना लाजमी है क्योंकि पेट्रो प्रोडक्ट्स महंगे हो रहे हैं। ऐसे में सभी इस बढ़ोत्तरी से सहमत हैं। क्योंकि लागत के बराबर भी अगर पैसा नहीं मिलेगा तो कारोबार ठप हो जाएगा। और लोग पलायन करने लगेंगे।
<
पंजाब में नशे के खिलाफ लड़ाई में नागरिकों की भागीदारी एक महत्त्वपूर्ण ताकत के रूप में उभरकर सामने आई है।
योगी सरकार ने उत्तर प्रदेश में बाढ़ राहत और बचाव अभियान को युद्धस्तर पर तेज कर दिया है, जिससे अब तक 19,294 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। प्रशासन की सतर्कता और राहत दलों की तत्परता के कारण बाढ़ से जन व पशुहानि का आंकड़ा शून्य रहा है, साथ ही भोजन और स्वास्थ्य सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं।
न्यू फरक्का-तिलडांगा रेललाइन पर रेल सेवा बहाल, तटबंध धंसने के बाद युद्धस्तर पर हुआ काम
भारी बारिश के कारण न्यू फरक्का और तिलडांगा के बीच रेलवे तटबंध में भू-धंसाव के बाद तीन दिनों में रेल सेवाएं बहाल कर दी गई हैं।
छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में महिला की हत्या मामले में पुलिस ने खुलासा कर दिया है। आरोपी महिला की बेटी से एकतरफा प्यार करता था। महिला ने युवक को बेटी को परेशान करने से मना किया था। इसी बात को लेकर आरोपी ने घर में रखी कुल्हाड़ी से महिला के सिर पर वार कर उसकी जान ले ली। धनमनी बाई (55) की हत्या के आरोपी अवधेश राम उर्फ गुटका (30) को झारखंड के रायडीह से गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल कुल्हाड़ी भी बरामद कर लिया है। यह मामला आस्ता थाना क्षेत्र के हर्री गांव का है। बेटी से एकतरफा प्यार करता था आरोपी पुलिस के मुताबिक, अवधेश राम धनमनी बाई की बेटी से एकतरफा प्यार करता था। वह उसकी बेटी से बातचीत करना चाहता था, लेकिन बेटी ने उससे बात करने से मना कर दिया था। इससे आरोपी नाराज था। धनमनी बाई भी आरोपी को बेटी को परेशान करने से रोकती थी। इसी बात को लेकर आरोपी के मन में महिला के प्रति नाराजगी थी। इसी नाराजगी में आरोपी धनमनी बाई के घर पहुंचा। वहां महिला ने उसे अपनी बेटी से बातचीत करने और उसे परेशान नहीं करने के लिए कहा। इस बात पर आरोपी गुस्से में आ गया और घर में रखी कुल्हाड़ी से महिला के सिर पर हमला कर दिया। गंभीर चोट लगने से महिला की मौके पर ही मौत हो गई। वारदात के बाद आरोपी वहां से फरार हो गया। पति के घर लौटने पर मिली लाश धनमनी बाई के 63 वर्षीय पति ने 4 सितंबर को आस्ता थाने में पत्नी की हत्या की शिकायत दर्ज कराई। उसने पुलिस को बताया कि 3 सितंबर को दोपहर करीब 11:30 बजे खाना खाने के बाद वह जानवरों को चराने के लिए जंगल चला गया था। उस समय उसकी पत्नी घर पर अकेली थी। शाम करीब 6 बजे वह जानवरों को चराकर लौटा और उन्हें गोठान में बांधने के बाद घर के अंदर गया। वहां धनमनी बाई जमीन पर पड़ी थीं। उनके चेहरे के दाहिने हिस्से में गंभीर चोट थी और खून निकल रहा था। आवाज देने के बावजूद उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया। पास में एक कुल्हाड़ी भी पड़ी थी। इसके बाद पति ने परिजनों को घटना की जानकारी दी और पुलिस को सूचना दी गई। फॉरेंसिक टीम ने जुटाए सबूत सूचना मिलते ही पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की। बीएनएस की धारा 103(1) के तहत हत्या का मामला दर्ज किया गया। आरोपी की तलाश के लिए पुलिस की विशेष टीम बनाई गई। फॉरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल की जांच कर जरूरी साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने मृतिका के परिजनों और आसपास रहने वाले लोगों से पूछताछ की। इसी दौरान पता चला कि अवधेश राम कुछ दिन पहले धनमनी बाई के घर आया था और वहां उसका महिला के साथ विवाद हुआ था। इस जानकारी के बाद पुलिस का शक अवधेश राम पर गहराने लगा। घर पर नहीं मिला आरोपी पुलिस टीम जब आरोपी के गांव कोमडो स्थित घर पहुंची तो वह वहां नहीं मिला। इसके बाद पुलिस ने टेक्निकल टीम की मदद से उसकी तलाश शुरू की। उसकी लोकेशन लगातार ट्रेस की गई। जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि आरोपी झारखंड के रायडीह में मौजूद है। इसके बाद पुलिस की टीम तत्काल रायडीह पहुंची और अवधेश राम को हिरासत में लेकर जशपुर लाई। आरोपी जशपुर जिले के कोमडो गांव का रहने वाला है। पूछताछ में हत्या की बात कबूली पुलिस पूछताछ में आरोपी ने धनमनी बाई की हत्या करना स्वीकार किया। पुलिस ने अवधेश राम उर्फ गुटका को गिरफ्तार किया। आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल टांगिया भी जब्त कर लिया है। …………………... क्राइम से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए… रायपुर में गाड़ी के अंदर चादर में बंधी मिली लाश:पुलिस को रात 1:15 बजे संदिग्ध-हालत में दिखी, हत्या कर शव ठिकाने लगाने की आशंका रायपुर के धरसींवा में गुरुवार रात गश्त के दौरान पुलिस ने टाटा मैजिक को रुकवाया, तो ड्राइवर गाड़ी पीछे कर तेज रफ्तार से भगाने लगा। पुलिस पीछा करती रही। आखिरकार शीतला मंदिर के पास गाड़ी छोड़कर उसमें सवार दो लोग अंधेरे में खेतों की तरफ भाग गए। पढ़ें पूरी खबर
पंजाब में 'युद्ध नशेआं विरुद्ध' अभियान का बड़ा असर, 25 हजार से ज्यादा नशा तस्कर गिरफ्तार
पंजाब सरकार ने बताया कि सेफ पंजाब हेल्पलाइन पर मिली 51,979 गुप्त सूचनाओं की मदद से 25,339 गिरफ्तारियां की गईं. सरकार ने नशे के खिलाफ युद्ध में नागरिकों की सक्रिय भागीदारी को एक महत्वपूर्ण ताकत बताया है.
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने काजीकोरैया-राघोपुर तटबंध का दौरा कर गंगा के बदलते प्रवाह और कटाव की स्थिति का जायजा लिया।
Yemen Houthi Saudi Arabia War में सऊदी समर्थित सेना पर हावी हुए Iran समर्थित अंसारुल्लाह|Middle East
यमन में हूती विद्रोहियों और सऊदी समर्थित सरकारी सेना के बीच संघर्ष एक बार फिर बेहद खतरनाक मोड़ पर पहुंचता दिखाई दे रहा है। हूतियों के ड्रोन और मिसाइल हमलों से सैन्य ठिकानों, टैंकों और बख्तरबंद वाहनों को निशाना बनाए जाने की खबरों ने पूरे इलाके में तनाव बढ़ा दिया है।
Iran America War: IRGC ने Khyber Shikan Missile से मिडिल ईस्ट में अमेरिका की हालत खराब की|Trump
Iran America War: IRGC ने Khyber Shikan Missile से मिडिल ईस्ट में अमेरिका की हालत खराब की|Iran America War: IRGC ने Khyber Shikan Missile से मिडिल ईस्ट में अमेरिका की हालत खराब की|Trump
Iran Attack On Kuwait: ईरान का American Strike के खिलाफ Kuwait US Base हमला | Middle East
Iran Attack On Kuwait: ईरान का American Strike के खिलाफ Kuwait US Base हमला
अधिकतर मामले सकारात्मक बने रहेंगे, सहजता से आगे बढ़ेंगे
Aaj ka Singh (Leo) Tarot Card Horoscope, 4 September 2026: सभी के साथ मदद का नजरिया रखेंगे. अनुशासित ढंग से कार्य आगे बढ़ाएंगे. अनुभव का भरपूर लाभ मिलेगा. प्रबंध के मामलों में सक्रियता बनाए रखेंगे.
Iran Attack On UAE Jordan के बाद पत्रकारों को धमकी? | BBC News | America | Middle East
ईरान के मिसाइल और ड्रोन हमलों के बीच खाड़ी देशों में प्रेस की आजादी को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। जॉर्डन और संयुक्त अरब अमीरात में हमलों से प्रभावित इलाकों की तस्वीरें और वीडियो रिकॉर्ड करने या उन्हें सोशल मीडिया पर साझा करने को लेकर कड़े प्रतिबंधों की खबरें सामने आई हैं
Iran America War: ईरान युद्ध के बीच US Army में हड़कंप, कई सैनिक बाहर | Trump | Hormuz
ईरान-अमेरिका युद्ध के बीच अमेरिकी रक्षा मंत्रालय यानी पेंटागन में अंदरूनी खींचतान की खबरों ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ के कार्यकाल में कई वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों के पद छोड़ने या हटाए जाने और दर्जनों प्रमोशन रोके जाने की बात सामने आई है।
Iran America War: IRGC ने एक साथ Qatar, Kuwait, Bahrain, UAE पर की Strike | Pakistan
अमेरिका और ईरान के बीच जंग अब खाड़ी के कई देशों तक फैलती दिखाई दे रही है। अमेरिकी हमलों के बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए जॉर्डन, बहरीन, कुवैत और इराक में अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। इस बढ़ते टकराव ने पूरे मिडिल ईस्ट में तनाव और बढ़ा दिया है।
Mecca Defence Pact: Turkey FM का Netanyahu पर बड़ा हमला | Saudi | Erdogan | Pakistan | Muslim NATO
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच पाकिस्तान, तुर्किये और सऊदी अरब के बीच हुए मक्का संयुक्त रक्षा समझौते की पहली बैठक इस्तांबुल में हुई। बैठक में तीनों देशों के विदेश और रक्षा मंत्रियों के साथ सैन्य अधिकारियों ने हिस्सा लिया।
Israel Turkey Tensions के बीच Erdogan के विदेश मंत्रालय ने Netanyahu की तुलना Nazi से की | Gaza
तुर्की और इजराइल के बीच तनाव अब बेहद तीखा होता दिख रहा है। इजराइली विदेश मंत्रालय द्वारा राष्ट्रपति रजब तैयब एर्दोगन पर यहूदी-विरोध का आरोप लगाए जाने के बाद तुर्की के विदेश मंत्रालय ने नेतन्याहू सरकार पर बेहद कड़ा पलटवार किया है
Bangladesh Join Muslim NATO: Mecca Defence डील की Turkey बैठक में बड़े फैसले |Saudi |Pakistan
हाल ही में बड़े जोर शोर से बने मुस्लिम नाटो को अमल में लाने के लिए कार्रवाई शुरु हो गई है...ऐसे वक्त में जब ईरान अमेरिका एक दूसरे पर वार पलटवार कर रहे हैं....सीरिया में तुर्की और इजरायल आमने सामने हैं..मक्का जॉइंट डिफेंस एग्रीमेंट से जुड़े देश डील के बाद पहली बार मिल रहे हैं..
Iran America War Update: Hormuz पर Trump के पोस्ट पर Kazem Gharibabadi का गजब जवाब |Middle East
Iran America War Update: Hormuz पर Trump के पोस्ट पर Kazem Gharibabadi का गजब जवाब |Middle East ईरान-अमेरिका के बीच सैन्य तनाव फिलहाल शांत दिख रहा है, लेकिन दोनों देशों के बीच जुबानी जंग और कूटनीतिक टकराव बेहद तीखा हो गया है। अ
Bangladesh Join Muslim NATO: क्यों Mecca Defence में शामिल होगा बांग्लादेश |Saudi |Turkey | Pakistan
Bangladesh Join Muslim NATO: क्यों Mecca Defence में शामिल होगा बांग्लादेश |Saudi |Turkey | Pakistan
Pakistan ने LoC पर Turkey Drone TB2 Bayraktar किए तैनात, जासूसी में माहिर, बॉर्डर पर बढ़ा तनाव!
LoC पर पाकिस्तान की ड्रोन गतिविधियों को लेकर भारत की सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, पाकिस्तान की ओर से तुर्की के Bayraktar TB2 ड्रोन का इस्तेमाल निगरानी और खुफिया जानकारी जुटाने के लिए किया जा रहा है। यह ड्रोन लंबे समय तक हवा में रहकर निगरानी करने के साथ सटीक हमले में भी सक्षम है
America Saudi Arabia Nuclear Deal में Iran के खिलाफ साजिश, Palestine छोड़ Israel को मान्यता?
America Saudi Arabia Nuclear Deal में Iran के खिलाफ साजिश, Palestine छोड़ Israel को मान्यता? ईरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर अमेरिका और इज़राइल की सख्ती के बीच अब सऊदी अरब के साथ अमेरिका की 30 साल की नागरिक परमाणु डील ने मध्य पूर्व की राजनीति में नया सवाल खड़ा कर दिया है।
Iran America War Update: युद्ध के बीच Mojtaba Khamenei Video से दुनिया हैरान | Trump | Hormuz
ईरान से मोजतबा खामेनेई का एक दुर्लभ वीडियो सामने आने के दावे ने उनकी सेहत को लेकर चल रही अटकलों को फिर चर्चा में ला दिया है। ईरानी मीडिया में सामने आए इस फुटेज में मोजतबा खामेनेई एक अकादमिक सत्र की अध्यक्षता करते हुए नजर आते हैं और उनकी आवाज भी सुनाई देती है
Houthi Attack Saudi Arabia: हूतियों ने सऊदी के American Abrams Tank की निकाली हवा | Yemen War
इस वीडियो में जानिए कि कैसे एक छोटे से 6 पंखों वाले (Hexacopter) ड्रोन ने $1 करोड़ डॉलर (लगभग 80-85 करोड़ रुपये) की कीमत वाले अमेरिकी M1A2S Abrams Tank को सिर्फ एक मोर्टार शैल से तबाह कर दिया। युद्ध का मैदान अब पूरी तरह बदल चुका है।
Iran America War Update: युद्ध के बीच Natural Gas Reserve खोज ईरान ने बढ़ाई Trump की टेंशन | Hormuz
ईरान के ऊर्जा क्षेत्र से सामने आई एक बड़ी खबर ने वैश्विक भू-राजनीति में नई चर्चा छेड़ दी है। ईरान के तेल मंत्री मोहसेन पाकनेजाद के मुताबिक, दक्षिणी फार्स प्रांत में एक नए प्राकृतिक गैस क्षेत्र की खोज हुई है, जिसमें 7.5 ट्रिलियन क्यूबिक फीट से अधिक गैस भंडार होने का दावा किया गया है।
<
Muslim NATO में Iran की होगी एंट्री? Mecca Defence Treaty से Israel घबराया | Saudi | Turkey|Pakistan
क्या ईरान भी मक्का संयुक्त रक्षा समझौते में शामिल होने जा रहा है? ईरानी संसदीय समाचार एजेंसी से जुड़े मेहदी रहीमी के एक दावे ने मध्य पूर्व की राजनीति में हलचल बढ़ा दी है।
Israel Turkey Tension News: तुर्की से तनाव पर Israel FM Gideon Saar का सरेंडर! | Erdogan | Syria
इजरायल और तुर्की के बीच बढ़ता तनाव अब सीरिया से लेकर पूरे मिडिल ईस्ट की राजनीति को प्रभावित करता दिख रहा है। अबू अल-दुहूर एयरबेस पर इजरायली एयरस्ट्राइक के बाद तुर्की की कड़ी प्रतिक्रिया और फिर इजरायली विदेश मंत्री गिदोन सार के नरम तेवरों ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
Turkey Israel Tension: Syria के बहाने आमने-सामने आए Erdogan, Netantyahu, बढ़ा जंग का खतरा
Turkey Israel Tension: Syria के बहाने आमने-सामने आए Erdogan, Netantyahu, बढ़ा जंग का खतरा मिडिल ईस्ट में तनाव अब एक नए मोड़ पर पहुंचता दिख रहा है।
<
Pakistan में China, Turkey के Military Planes अचानक क्यों उतरे, क्या India के लिए कोई बड़ा खतरा?
पाकिस्तान के एयरबेस पर चीन और तुर्की के भारी सैन्य विमानों की बढ़ी आवाजाही ने नई सुरक्षा चिंता पैदा कर दी है। सुरक्षा सूत्रों के मुताबिक, करीब 60 घंटे के भीतर चीनी और तुर्की मिलिट्री ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट ने पाकिस्तान के कई एयरबेस के चक्कर लगाए
Mecca Defence Treaty से किसको सबसे ज्यादा फायदा, China एक्सपर्ट ने समझाया | Saudi, Turkey, Pakistan
सऊदी अरब, तुर्की और पाकिस्तान के बीच मक्का संयुक्त रक्षा समझौते ने मध्य पूर्व की बदलती रणनीतिक तस्वीर पर नई बहस छेड़ दी है।
Turkey Israel Tension के बीच Netanyahu Arrest Warrant से मची हलचल, Gaza Flotilla का मामला | Erdoğan
Turkey Israel Tension के बीच Netanyahu Arrest Warrant से मची हलचल, Gaza Flotilla का मामला | Erdoğan Add Live Hindustan as your preferred source on Google.
Pirates Hijack Cargo Ship: यमन और सोमालिया में दो कमर्शियल जहाज अगवा, 22 भारतीय बंधक। Turkey
अदन की खाड़ी से भारत के लिए चिंता बढ़ाने वाली खबर सामने आई है। दो अलग-अलग घटनाओं में हथियारबंद समुद्री लुटेरों ने दो कमर्शियल जहाजों को हाईजैक कर लिया। इन दोनों जहाजों पर कुल 22 भारतीय नागरिक सवार थे।
Saudi Arabia Houthi War: सऊदी पर हमले से पहले Iran की चेतावनी फिर ARAMCO पर हमला | Yemen
सऊदी अरब पर हूती ड्रोन हमलों के बाद मक्का रक्षा समझौते यानी कथित ‘मुस्लिम नाटो’ की असली ताकत पर सवाल उठने लगे हैं। अरामको, नज्रान और सऊदी के संवेदनशील ठिकानों को निशाना बनाए जाने के दावों के बीच तुर्की और पाकिस्तान की भूमिका चर्चा में है।
Iran America War Update: युद्ध के बाद Trump के Sanctions से ईरान क्यों बेखौफ | China | Russia
ट्रंप के 'Economic D-Day' ऐलान के बाद ईरान ने अमेरिका की नई आर्थिक पाबंदियों को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने अमेरिकी प्रतिबंधों को पुरानी और विफल नीति बताया है।
<
Iran America War Update: नक्शे पर US ने Hormuz को बताया अपना, ईरान का तगड़ा जवाब। Trump| Middle East
Iran America War Update: नक्शे पर US ने Hormuz को बताया अपना, ईरान का तगड़ा जवाब। Trump| Middle East अमेरिका और ईरान के बीच जंग अब सिर्फ मिसाइलों और सैन्य ठिकानों तक सीमित नहीं रही, बल्कि नक्शों और बयानों की जंग भी तेज हो गई है।
Somalia Pirates Turkey Ship Hijack: बीच समंदर तुर्की के हथियारों के जखीरे की लूट | yemen
Somalia Pirates Turkey Ship Hijack: बीच समंदर तुर्की के हथियारों के जखीरे की लूट | yemen
Iran America War Update: हार देख Trump का ईरान के दोस्तों को Sanctions की धमकी | Middle East News
ईरान के खिलाफ अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अब सैन्य कार्रवाई के बजाय आर्थिक दबाव बढ़ाने की रणनीति अपनाई है। ट्रंप ने ईरान और उसकी मदद करने वाले देशों को कड़े आर्थिक प्रतिबंधों की चेतावनी दी है और इसे Economic D-Day बताया है।
Houthi Saudi Arabia War News: सऊदी के अलग-अलग शहर में Yemen से हमले | MBS | Middle East News
Houthi Saudi Arabia War News: सऊदी के अलग-अलग शहर में Yemen से हमले | MBS
Iran On Saudi Arabia UAE: अब America से जंग में खाड़ी देशों की बारी ? | Hormuz | Trump
Iran On Saudi Arabia UAE America से जंग में खाड़ी देशों की बारी ? | Hormuz |
Muslim NATO Alliance: इस्लामिक नाटो में Bangladesh को शामिल करने की तैयारी | Pakistan | Turkey|Saudi
बांग्लादेश को सऊदी अरब, तुर्की और पाकिस्तान के उभरते रक्षा ढांचे के करीब लाने की अटकलों ने दक्षिण एशिया की भू-राजनीति में नई बहस छेड़ दी है। तुर्की के अखबार येनी शफाक ने बांग्लादेश को इस संभावित सुरक्षा ढांचे में शामिल किए जाने की संभावना जताई है, हालांकि अभी तक ऐसा कोई आधिकारिक फैसला नहीं हुआ है
Israel Qatar Deal Cancelled: कतर से Netanyahu ने डिफेंस डील रोकी | Iran US War Update | Hormuz
ईरान के बाद अब क्या कतर भी मिडिल ईस्ट के बड़े टकराव का नया केंद्र बनने जा रहा है? इज़राइल और कतर के बीच बढ़ते तनाव ने क्षेत्रीय कूटनीति में हलचल बढ़ा दी है।
Turkey Anka 3 drone जो क्रूज मिसाइलें लेकर उड़ेगा, कितना खतरनाक, निशाने पर कौन? Iran US War। Israel
तुर्की ने अपने आधुनिक स्टील्थ कॉम्बैट ड्रोन Anka-3 को भविष्य के हवाई युद्ध के लिए तैयार किया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह ड्रोन लंबी दूरी की क्रूज़ मिसाइलों से लैस होकर दुश्मन के एयर डिफेंस के लिए बड़ी चुनौती बन सकता है।
आज ही के दिन यानी की 18 अगस्त को पेशवा बाजीराव प्रथम का जन्म हुआ था। वह एक बेहतरीन घुड़सवार, कुशल तलवारबाजी और कमाल के सेनापति थे। बाजीराव प्रथम युद्ध में माहिर थे। उन्होंने मुगलों की कमर तोड़ दी थी। बाजीराव प्रथम अपनी जिंदगी में एक भी युद्ध नहीं हारे थे। तो आइए जानते हैं उनकी बर्थ एनिवर्सरी के मौके पर पेशवा बाजीराव के जीवन से जुड़ी कुछ रोचक बातों के बारे में... जन्म और परिवार 18 अगस्त 1700 को पेशवा बाजीराव का जन्म हुआ था। इनके पिता का नाम बालाजी विश्वनाथ और मां का नाम राधाबाई था। इनके पिता छत्रपति शाहू के प्रथम पेशवा थे। बाजीराव का एक छोटा भाई चिमाजी अप्पा था। बाजीराव अपने पिता के साथ हमेशा सैन्य अभियानों में जाया करते थे। इसे भी पढ़ें: Bal Gangadhar Tilak Death Anniversary: पत्रकारिता के जरिए ब्रिटिश हुकूमत की नींव हिलाने वाले Bal Gangadhar Tilak बाजीराव प्रथम पेशवा बाजीराव को बाजीराव प्रथम भी कहा जाता है। वह मराठा साम्राज्य के एक महान पेशवा थे। पेशवा का अर्थ प्रधानमंत्री होता है। वह मराठा छत्रपति राजा शाहू के चौथे प्रधानमंत्री थे। बाजीराव ने अपना प्रधानमंत्री पद साल 1720 से लेकर मृत्यु तक संभाला था। बाजीराव घुड़सवारी करते हुए लड़ने में माहिर थे। यह माना जाता है कि उनसे अच्छा घुड़सवार सैनिक देश में आज तक नहीं देखा गया। उनके 4 घोड़े थे- गंगा, नीला, सारंगा और औलख आदि। जिनकी वह खुद देखभाल किया करते थे। बाजीराव 6 फुट ऊंचे थे और वह न्यायप्रिय सफेद या हल्के रंग के कपड़े पहनना पसंद करते थे। बाजीराव पूरी सेना को अनुशासन में रखते थे। बता दें कि 20 साल की उम्र में बाजीराव पेशवा के पद पर नियोजित हुए थे। उनके पेशवा बनते ही छत्रपति शाहू नाम मात्र के शासक रह गए थे। वह एक महान योद्धा थे। मोहम्मद बंगश, निजाम से लेकर मुगलों और पुर्तगालियों तक को वह कई-कई बार शिकस्त देते। बाजीराव इतिहास के अकेले ऐसे योद्धा थे, जिन्होंने 41 लड़ाइयां लड़ी थीं और एक भी लड़ाई नहीं हारी। बाजीराव की बिजली की गति से तेज आक्रमण शैली का इस्तेमाल कर रहे थे। मृत्यु बाजीराव पेशवा की 28 अप्रैल 1740 को 39 साल की उम्र में मृत्यु हो गई थी।
Islamic NATO की तारीफ क्यों करने लगे Trump? Pakistan | Turkey | Iran | Saudi। Mecca Deal
ईरान युद्ध के बाद पश्चिम एशिया की भू-राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। सऊदी अरब, तुर्की और पाकिस्तान के बीच हुए मक्का संयुक्त रक्षा समझौते ने एक नए मुस्लिम सुरक्षा गठबंधन की चर्चा तेज कर दी है।
Iran Pilots Missing News: कहां गए IRGC के 3 पायलट, Qatar क्यों कर रहा इनकार? America | Hormuz
मार्च 2026 के युद्ध के दौरान लापता हुए ईरान के तीन फाइटर पायलटों को लेकर अब एक नया और बेहद गंभीर विवाद सामने आया है। ईरान का दावा है कि उसके तीन पायलट जिंदा हैं और पिछले छह महीनों से कतर की हिरासत में हैं।
Houthi Attack on Saudi: Iran vs US के बीच हूतियों ने Saudi Arabia की नाक में किया दम! | Mokha Port
मिडिल ईस्ट (Middle East) में तनाव चरम पर है। जहां एक तरफ ईरान (Iran) अमेरिकी ठिकानों को निशाना बना रहा है, वहीं यमन के हूती विद्रोही (Houthi Rebels) सऊदी अरब (Saudi Arabia) की नाक में दम किए हुए हैं।
Hormuz Strait Crisis 2026: UAE का एक और जहाज तबाह, ईरानी पायलट्स पर कतर से भिड़ा ईरान | Mojtaba
मध्य पूर्व में तनाव एक बार फिर बढ़ता नजर आ रहा है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में लगातार हो रहे हमलों के बीच संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने ईरान पर अपनी सरकारी तेल कंपनी ADNOC के एक और जहाज को निशाना बनाने का आरोप लगाया है।
Iran US War: Qatar के कैद में है ईरान के 3 पायलट, बड़ा खुलासा! | Qatar Captures 3 Iranian Pilots
मध्य पूर्व (Middle East) से एक बेहद चौंकाने वाली खबर सामने आई है। ईरान (Iran) के तीन लड़ाकू पायलट पिछले छह महीनों से कतर (Qatar) की कैद में हैं।
Iran Drone Attack On Erbil में America सैनिकों के होटल पर हमला | Trump | Hormuz | Middle East News
ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव के बीच इराक के एरबिल से एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। दावों के मुताबिक, एरबिल में अमेरिकी सैनिकों और कॉन्ट्रैक्टर्स के ठहरने वाले एक होटल को ड्रोन हमले का निशाना बनाया गया।
Houthi Drone Attack On Saudi Arabia: सऊदी के डिफेंस सिस्टम को फोड़कर Saudi Aramco पर हूती हमला
Houthi Drone Attack On Saudi Arabia: सऊदी के डिफेंस सिस्टम को फोड़कर Saudi Aramco पर हूती हमला
Trump Secret Flight ऑपरेशन में किस Missile से हमला कर सकता था Iran,खुलासा |Turkey | manpad missile
Trump Secret Flight ऑपरेशन में किस Missile से हमला कर सकता था Iran,खुलासा |Turkey
Houthi Attack On Saudi Arabia: हूतियों ने किया सऊदी पर हमला, Islamic NATO पर उठे सवाल | MBS
Houthi Attack On Saudi Arabia: हूतियों ने किया सऊदी पर हमला, Islamic NATO पर उठे सवाल | अब सवाल उठ रहा है कि क्या जाजान हमला इस नए ‘इस्लामिक NATO’ की पहली बड़ी परीक्षा है?
Trump Secret Flight ऑपरेशन क्यों करवाया गया,बड़ा खुलासा |Turkey | NATO Summit| Iran | Israel
Trump Secret Flight ऑपरेशन क्यों करवाया गया,बड़ा खुलासा |Turkey | NATO Summit| Iran | Israel
Houthi Attack On Saudi Arabia: समंदर से लेकर तेल ठिकाने और अब सऊदी सेना पर हमले | MBS
यमन के हूती विद्रोहियों और सऊदी समर्थित बलों के बीच तनाव एक बार फिर बेहद गंभीर हो गया है। हूती सैन्य प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल यह्या सारी के दावे के मुताबिक, ताइज़ प्रांत के अल-मोखा क्षेत्र और मारिब के तदावीन कैंप को बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन से निशाना बनाया गया।
महाभारत युद्ध के बाद द्रौपदी ने अश्वत्थामा को क्यों दिया था मृत्यु न पाने का अभिशाप
कुरुक्षेत्र के मैदान में 18 दिनों तक चले महाभारत के भीषण युद्ध में अंततः पांडवों की विजय हुई और कौरवों की हार हुई, लेकिन इस जीत की खुशी पांडवों के नसीब में नहीं थी। अपनों को खोने के असहनीय दुख के अलावा पांडवों और विशेषकर द्रौपदी के सीने में अपने पांचों पुत्रों की अकाल मृत्यु का गहरा जख्म था।यह दर्द इसलिए भी बहुत बड़ा था क्योंकि पांडव पुत्र युद्ध के मैदान में वीरता से लड़ते हुए वीरगति को प्राप्त नहीं हुए थे, बल्कि युद्ध समाप्त होने के बाद सोते हुए अवस्था में उनकी निर्मम हत्या कर दी गई थी। इस जघन्य अपराध को अंजाम देने वाला कोई और नहीं, बल्कि गुरु द्रोणाचार्य का पुत्र अश्वत्थामा था। पुत्रों की हत्या के इस भयानक पाप के बदले में द्रौपदी ने अश्वत्थामा को मृत्यु न मिलने का यानी अमरता का अभिशाप दिया था, जो किसी वरदान से कम नहीं बल्कि सबसे बड़ी सजा थी।द्रौपदी के पुत्रों की सोते में हुई थी हत्यामहाभारत का युद्ध समाप्त हो चुका था और कौरव सेना पूरी तरह परास्त हो चुकी थी। युद्ध की थकान से चूर द्रौपदी के पांचों पुत्र (उपपांडव) एक शिविर में गहरी नींद में सो रहे थे। विजय के अहंकार और प्रतिशोध की आग में जलते हुए अश्वत्थामा ने रात के अंधेरे में उस शिविर में प्रवेश किया और सोते हुए अवस्था में ही द्रौपदी के सभी पुत्रों की क्रूरतापूर्वक हत्या कर दी। इस घटना ने पांचाल और पांडव शिविर में कोहराम मचा दिया और पूरा माहौल शोक में डूब गया।द्रौपदी ने अश्वत्थामा को क्यों दिया था अमरता का अभिशाप?जब अश्वत्थामा को इस घोर पाप के लिए अर्जुन और भीम द्वारा पकड़कर श्री कृष्ण के समक्ष लाया गया, तब उसे मृत्युदंड देने के बजाय द्रौपदी ने एक अनूठा निर्णय लिया। सनातन शास्त्रों के अनुसार, गुरु के पुत्र को भी गुरु के समान ही आदरणीय माना जाता है और द्रौपदी गुरु द्रोणाचार्य का बहुत सम्मान करती थीं।इसके अलावा, एक मां के रूप में द्रौपदी स्वयं पुत्र वियोग के दर्द को भली-भांति समझती थीं। वह जानती थीं कि यदि अश्वत्थामा को मृत्यु दी जाती है, तो उसकी माता कृपी को भी पुत्र शोक की वैसी ही असहनीय पीड़ा झेलनी होगी, जैसी वह खुद झेल रही हैं। इन सभी धर्मिक मर्यादाओं और गुरु परिवार के सम्मान को ध्यान में रखते हुए, द्रौपदी ने अश्वत्थामा को मृत्यु के घाट उतारने के बजाय धरती पर चीरकाल तक जीवित रहने, कोढ़ और विभिन्न रोगों से ग्रसित होकर एक सूक्ष्म कण के रूप में भटकने का अभिशाप दिया। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, अश्वत्थामा आज भी कलियुग में जीवित हैं और पृथ्वी पर जहां भी नकारात्मकता, पाप और अधर्म होता है, वहां उनकी सूक्ष्म उपस्थिति मानी जाती है।अर्जुन ने छीन ली थी अश्वत्थामा के मस्तक की दिव्य मणिपौराणिक कथाओं के अनुसार, अश्वत्थामा के जन्म से ही उसके मस्तक पर एक अत्यंत शक्तिशाली और दिव्य मणि सुशोभित थी। इस मणि के प्रभाव से उसे अस्त्र-शस्त्र, भूख, प्यास, थकान और किसी भी प्रकार के भय से मुक्ति मिली हुई थी। इसी मणि की असीम शक्ति और अहंकार के बल पर ही वह द्रौपदी के पुत्रों की हत्या करने में सफल रहा था।जब अश्वत्थामा का अहंकार और उसका अपराध पराकाष्ठा पर पहुंच गया, तब भगवान श्री कृष्ण के निर्देशानुसार अर्जुन ने उसके मस्तक से उस दिव्य मणि को बलपूर्वक निकाल लिया। मणि छिन जाने के कारण अश्वत्थामा का जीवन जीवित शव के समान हो गया और अंततः द्रौपदी द्वारा दिया गया अमरता का वह अभिशाप उसके लिए जीवनभर की सबसे बड़ी सजा बन गया।
Trump Secret Flight: Iran के डर से ट्रक में छिपकर भागे थे ट्रम्प, अब हुआ खुलासा। Turkey NATO Summit
अमेरिका के मुताबिक इस बार ईरान ट्रंप के तुर्के दौरे पर उन्हें निशाना बनाने वाला था। इस खतरे से सूचना मिलते ही ट्रंप को बेहद फिल्मी तरीके से बचाया गया था। इस सीक्रेट ऑपरेशन को लेकर हाल ही कुछ हैरतअंगेज खुलासे हुए हैं।
Houthi Attck On Saudi Arabia: पहले सऊदी फिर America का MQ-9 हुआ क्रैश, हूती बेकाबू | Bab Al Mandeb
हूती-सऊदी तनाव के बीच मिडिल ईस्ट में हालात और बिगड़ते नजर आ रहे हैं। हूतियों ने सऊदी अरब के सैन्य और तेल ठिकानों पर हमलों का दावा किया है।
Mecca Joint Defense Agreement से पलटा Turkiye, Saudi Arabia के साथ रक्षा समझौता Iran के खिलाफ नहीं
Mecca Joint Defense Agreement से पलटा Turkiye, Saudi Arabia के साथ रक्षा समझौता Iran के खिलाफ नहीं सऊदी अरब, पाकिस्तान और तुर्की के बीच हुए Defense Agreement को लेकर अब नया ट्विस्ट सामने आया है।
ईरान युद्ध को लेकर ट्रंप के जनरल की चेतावनी! 'अमेरिका अगर जंग से नहीं निकला तो...' सीक्रेट मीटिंग में क्या हुआ?
Islamic NATO में Saudi Arabia, Pakistan,Turkiye आए साथ तो क्या बोला Iran ?
सऊदी अरब, तुर्की और पाकिस्तान के बीच बन रहे 'इस्लामिक नाटो' शैली के रक्षा समझौते पर ईरान ने सख्त रुख अपनाया है। तेहरान ने रियाद को चेतावनी देते हुए कहा है कि कागजी समझौते और बाहरी ताकतों पर निर्भरता सुरक्षा की गारंटी नहीं दे सकती।
Iran America war होगी तेज, UAE, Saudi Arabia और Qatar तक फैलेगी जंग की आग! | Middle East
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव ने अब पूरे खाड़ी क्षेत्र की चिंता बढ़ा दी है। अब तक ईरान की प्रतिक्रिया मुख्य रूप से क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों तक सीमित मानी जा रही थी, लेकिन हाल के घटनाक्रमों ने यह संकेत दिया है कि यदि टकराव और गहराया तो इसका दायरा कहीं अधिक व्यापक हो सकता है।
Islamic NATO में Saudi Arabia, Pakistan,Turkiye आएंगे साथ, क्या India के लिए मुश्किल। Israel
Islamic NATO में Saudi Arabia, Pakistan,Turkiye आएंगे साथ, क्या India के लिए मुश्किल। Israel
Islamic NATO बनाने को लेकर डील फाइनल, Saudi Arabia, Pakistan,Turkiye जल्द करेंगे ऐलान। Israel
पश्चिम एशिया में जारी जंग और बढ़ते तनाव के बीच पाकिस्तान, तुर्की और सऊदी अरब के बीच संभावित त्रिपक्षीय रक्षा समझौते ने भू-राजनीतिक हलचल बढ़ा दी है। CNN-News18 की रिपोर्ट के मुताबिक, तीनों देशों के बीच डिफेंस डील को अंतिम रूप देने की कोशिश चल रही है
सबसे अहम युद्ध पर किसी का ध्यान नहीं: तेजी से फैल रहे नफरत और भेदभाव, जीत तभी होगी, जब हम धरती को हारने न दें--The Most Important War We Ignore: Why Climate Change and Environmental Crisis Need Urgent Global Attention
युद्ध नहीं, शांति ही मानवता का भविष्य
विश्व भर में 6 अगस्त को हिरोशिमा दिवस मनाया जाता है। यही वह दिन है, जब वर्ष 1945 में अमेरिका ने जापान के हिरोशिमा शहर पर पहला परमाणु बम गिराया था। इस दिन हमले में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि दी जाती है…
Iran America War: ईरान ने Iraq और Kuwait बार्डर के करीब क्यों भेजे T 72 Tanks|Trump
मिडिल ईस्ट एक ऐसे ज्वालामुखी पर बैठा है जो कभी भी फट सकता है..जी हां जंग के बादल कभी भी छा सकते हैं...अमेरिका चाहे लाख मना करे...लेकिन जब तक इजरायल खित्ते में आक्रामक है तब तक जंग पूरी तरह नहीं रुक सकती..यही वजह है कि ईरान ने ्अपने टैंक इराक से लगी सरहद के करीब जमा करना शुरु कर दिए हैं…
कतर से रुकी सप्लाई, फिर भी 15% कैसे बढ़ा भारत का LNG आयात? देखें कूटनीति
कूटनीति' में आज बात भारत की उस रणनीतिक चाल की, जिसने पूरी दुनिया के ऊर्जा बाज़ारों को हैरान कर दिया है. जब पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ा और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में जंग छिड़ी, तो दुनिया को लगा कि भारत में बड़ा गैस संकट आने वाला है. वजह साफ थी-भारत अपनी 60 फीसदी एलएनजी (LNG) गैस इसी समुद्री रास्ते से मंगाता था. लगा कि कतर से सप्लाई रुकते ही भारत की फैक्ट्रियां और रसोई गैस थम जाएगी. लेकिन भारत ने ऐसा कूटनीतिक मास्टरस्ट्रोक खेला कि इस पूरे संकट के बावजूद देश में एलएनजी का आयात घटने के बजाय 15 फीसदी और बढ़ गया.
ईरान-ओमान वार्ता पर कतर ने दिया अपडेट, क्या आज हो पाएगी डील?
कतर ने कहा है कि अमेरिका और ईरान के बीच संभावित समझौते की भाषा तैयार हो चुकी है और उसका मसौदा अभी पक्षों के बीच साझा किया जा रहा है, जबकि कतर और ओमान वॉशिंगटन और तेहरान के बीच बातचीत आसान बनाने के लिए करीबी तालमेल से काम कर रहे हैं.
कंगना के ‘जेबकतरों जैसी ड्रेस’ वाले बयान को यूजर्स ने सोनाक्षी से जोड़ा
उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के मदरसों को लेकर दिए गए बयान से सियासत गरमा गई है। उन्होंने कहा कि मदरसे आतंकवाद को बढ़ावा देते हैं, जिस पर विपक्ष ने तीखी प्रतिक्रिया दी है।
'जेबकतरों की तरह...', कंगना ने सोनाक्षी पर किया कमेंट!
कंगना रनौत ने इंस्टाग्राम स्टोरी पर बिना नाम लिए इंडस्ट्री की एक हीरोइन पर तीखा हमला किया है. यूजर्स का मानना है कंगना ने ये अटैक सोनाक्षी सिन्हा पर किया है.
Iran US War Update: महायुद्ध से डरा Saudi Arab? MBS ने Donald Trump को फोन कर दी बड़ी चेतावनी!
Iran-US War: महायुद्ध से डरा Saudi Arab? MBS ने Donald Trump को फोन कर दी बड़ी चेतावनी!
ईरान की चेतावनी, होर्मुज में दूसरा पासेज बना तो अमेरिकी युद्धपोत पर होगा हमला
ईरान के वरिष्ठ सलाहकार मोहसिन रेजाई ने साफ कहा है कि होर्मुज स्ट्रेट में तय रास्ते से अलग कोई दूसरा पासेज बनाने के लिए अगर अमेरिकी युद्धपोत तैनात किए गए तो ईरान उन्हें निशाना बनाएगा, जबकि डोनाल्ड ट्रंप इसी बीच तेहरान के साथ बातचीत शुरू होने का दावा कर रहे हैं.
गाजा में कत्लेआम पर भड़के कतर-तुर्की-मिस्र, इजरायल नहीं रोक रहा बमबारी
कतर, मिस्र और तुर्की ने गाजा में इजरायली कार्रवाई, खासकर नागरिकों, महिलाओं, बच्चों और स्वास्थ्य ढांचे पर हमलों की कड़ी निंदा की है. इसे अंतरराष्ट्रीय कानून और मानवीय कानून का खुला उल्लंघन बताया है. गाजा सिटी के दक्षिण-पश्चिम में ताजा हमले में कम से कम दो लोग मारे गए हैं.
ईरान-अमेरिका युद्ध पूरी दुनिया को निगल जाएगा?: ट्रंप की रणनीति पर उठे सवाल, बढ़ा वैश्विक संकट
ईरान-अमेरिका युद्ध पूरी दुनिया को निगल जाएगा?: ट्रंप की रणनीति पर उठे सवाल, बढ़ा वैश्विक संकट-US-Iran Conflict Trigger a Global War Questions Over Trump Strategy and Rising Global Risks
'दूसरे विश्व युद्ध के बाद सबसे बड़ा हमला?', ट्रंप ने ईरान पर अब किया ये ऐलान
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि सऊदी अरब, यूएई, कतर और ईरान की अपील के बाद उन्होंने ईरान पर प्रस्तावित बड़ा हमला फिलहाल रोक दिया है. दूसरी तरफ तेहरान ने ट्रंप के दावे को खारिज करते हुए सैन्य सतर्कता बनाए रखने, सऊदी अरब और पाकिस्तान से तेज संपर्क बढ़ाने और यह साफ करने का संदेश दिया है कि क्षेत्रीय सुरक्षा, जवाबी तैयारी और राजनीतिक समाधान अब साथ साथ चलेंगे.
युद्ध, डर और उम्मीद... आखिर क्यों गढ़े गए सुपरहीरो?
सुपरहीरो कभी भी सिर्फ असाधारण शक्तियों वाले किरदार नहीं रहे. वे हर दौर के समाज की इच्छाओं, आशंकाओं और सपनों का प्रतिबिंब रहे हैं. वे हमें याद दिलाते हैं कि असली ताकत केवल असाधारण शक्तियों में नहीं बल्कि सही समय पर सही फैसला लेने, कमजोरों के साथ खड़े होने और दूसरों के लिए जोखिम उठाने के साहस में होती है.
इराक के सुलेमानिया पर ईरानी ड्रोन ने बरपाया कहर, सामने आया Video
इराक के सुलेमानिया में ईरान-विरोधी समूहों के एक ठिकाने को ड्रोन हमले में निशाना बनाया गया है. माना जा रहा है कि ये हमला ईरान ने किया है जिसमें अलगाववादी समूहों के मुख्यालय पर दो प्रोजेक्टाइल सीधे जाकर लगे. ईरान ने ड्रोन से ये हमला किया. देखें वीडियो.
मिडिल ईस्ट में महायुद्ध रोकने में जुटा सऊदी: क्राउन प्रिंस ने अमेरिका भेजा रक्षा मंत्री
सऊदी के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान (MBS) ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को फोन किया है. सऊदी अरब की कोशिश है कि मिडिल ईस्ट में किसी भी तरह शांति और स्थिरता बनी रहे. साथ ही रक्षा मंत्री को दूत बनाकर व्हाइट हाउस भी भेजा गया है.
US vs Iran War: तुरंत Middle East छोड़ दें अमेरिकी नागरिक! Donald Trump ने क्यों सता रहा डर?
US vs Iran War: तुरंत Middle East छोड़ दें अमेरिकी नागरिक! Donald Trump ने क्यों सता रहा डर?
Iran US War: Iran ने जारी कर दी अपनी Hitlist, सऊदी, UAE और कतर पर क्यों मंडराया खतरा?
पश्चिम एशिया (Middle East) का युद्ध अब एक बेहद खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है, जहां से तीसरे विश्व युद्ध की आहट सुनाई देने लगी है। ईरान (Iran) ने अमेरिका (US) और उसके सहयोगी देशों को खुली चेतावनी दी है.
मिडिल ईस्ट में बढ़ा खतरा! अमेरिका ने अपने नागरिकों को जारी की चेतावनी
मिडिल ईस्ट में अमेरिका ने अपने नागरिकों के लिए हाई सिक्योरिटी अलर्ट जारी किया है. विदेश मंत्रालय ने लोगों से सतर्क रहने, यात्रा को लेकर सावधानी बरतने और हालात पर नजर रखने की सलाह दी है.
ट्रंप के 'बोर्ड ऑफ पीस' पहल से खत्म होगा गाजा युद्ध? देखें US TOP-10
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की 'बोर्ड ऑफ पीस' पहल को लेकर साइप्रस में बैठक हुई है. यह बोर्ड गाजा युद्ध खत्म करने और पुनिर्माण योजना की निगरानी के लिए बनाया गया है. ट्रंप के कई देशों के नेताओं को इसमें शामिल होने का मौका दिया है. हालांकि कुछ देशों ने समर्थन किया है. वहीं कुछ ने इसकी भूमिका और और संयुक्त राष्ट्र पर असर को लेकर चिंता जताई है.
'टैरिफ धमकी से टला भारत-पाक परमाणु युद्ध', 'ऑपरेशन सिंदूर' पर ट्रंप का दावा
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत-पाकिस्तान के बीच परमाणु युद्ध टालने में अपनी भूमिका का दावा किया है. उन्होंने कहा कि उनके कूटनीतिक दबाव और टैरिफ की धमकी से होने जा रहा युद्ध रुक गया. ट्रंप ने दावा किया कि इसी तरह उन्होंने 5 युद्ध रोक दिए.
Houthis vs Saudi Arabia: Iran के प्रॉक्सी से तीन तरफा घिरा सऊदी, क्या अब युद्ध की उपाय? Red Sea। US
अमेरिका और इज़राइल की ओर से 28 फरवरी को ईरान के खिलाफ सैन्य अभियान शुरू होने के बाद पश्चिम एशिया लगातार तनाव के दौर से गुजर रहा है। अब तक सऊदी अरब इस संघर्ष से दूरी बनाए रखने की कोशिश करता रहा,
Houthis Attack on Saudi Arabia और Iraq में Iran के रजिस्टेंस की ताकत पर Bobby Naqvi को सुनिए | PMF
Saudi Arabia और Iraq में Iran के रजिस्टेंस की ताकत पर Bobby Naqvi को सुनिए | PMF सऊदी के यमन पर अटैक और हूतियों के पलटवार के बीच..इराक से भी सऊदी से बदले की उठ रही आवाजें..मिडिल ईस्ट में जंग के इस नए मोर्चे पर..गल्फ न्यूज के पूर्व एडिटर बॉबी नकवी को सुनिए
The Odyssey Review: युद्ध से लौटते योद्धा की नहीं, खुद तक लौटते इंसान की कहानी
क्रिस्टोफर नोलन की 'द ओडिसी' सिर्फ होमर के महाकाव्य का रूपांतरण नहीं, बल्कि युद्ध, अपराधबोध और आत्म-स्वीकृति की गहरी कहानी है। मैट डेमन का शानदार अभिनय, अद्भुत सिनेमैटोग्राफी और भावनात्मक निर्देशन इसे सिर्फ एक पौराणिक एडवेंचर नहीं रहने देते। शुरुआती ...
गाजा संघर्ष : नियम-आधारित अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था की विश्वसनीयता पर सवाल
सयुक्त राष्ट्र की हालिया स्वतंत्र अंतरराष्ट्रीय जांच आयोग की रिपोर्ट ने इजरायल और कब्जे वाले फिलिस्तीनी क्षेत्रों में जारी हिंसा और मानवाधिकार उल्लंघनों की गंभीर तस्वीर पेश की है।
अमेरिका-ईरान युद्धविराम कैसे बिखर रहा है
ट्रंप इस समझौते से क्या चाहते हैं यह अपेक्षाकृत स्पष्ट है: होर्मुज़ जलडमरूमध्य का फिर से खुलना ताकि ऊर्जा बाज़ार सुधरें और वे एक बड़ी कूटनीतिक सफलता का दावा कर सकें।
युद्धविराम से आगे: क्या विश्व अहिंसा की ओर बढ़ेगा?
अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच हाल ही में हुआ युद्धविराम ऐसे समय में सामने आया है, जब पश्चिम एशिया युद्ध की लपटों में घिरकर वैश्विक स्थिरता के लिए सबसे बड़ा खतरा बन चुका था। कई सप्ताह तक चले संघर्ष ने क्षेत्र को ऐसे ज्वालामुखी में बदल दिया था, जिसकी प्रत्येक विस्फोटक घटना विश्व अर्थव्यवस्था ... Read more
अमेरिका-ईरान युद्ध में ट्रंप की अनदेखी कर इजरायल ने तोड़ा संघर्षविराम
जब तक तेहरान अपने क्षेत्रीय अभियानों को रोकने से पहले आर्थिक नाकेबंदी को पूरी तरह से हटाने की मांग करता रहेगा,
'वाराणसी' में दिखेगा महायुद्ध, भगवान राम और कुंभकर्ण के बीच होगा 30 मिनट का ऐतिहासिक टकराव!
दिग्गज निर्देशक एसएस राजामौली जब भी कोई नया प्रोजेक्ट लाते हैं, तो वह सिर्फ एक फिल्म नहीं बल्कि एक ऐतिहासिक उत्सव बन जाता है। 'बाहुबली' और 'आरआरआर' जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्में देने के बाद, राजामौली अब सुपरस्टार महेश बाबू के साथ अपनी अगली महात्वाकांक्षी ...
इंटरनेट मूवी डेटाबेस (IMDb) हर हफ्ते दुनिया भर यूजर्स के सर्च और प्रोफाइल विजिट के आधार पर 'मोस्ट पॉपुलर इंडियन सेलिब्रिटीज' की लिस्ट जारी करता है। आमतौर पर इस लिस्ट के शीर्ष पर वही सुपरस्टार्स नजर आते हैं जिनकी बड़ी फिल्में सिनेमाघरों में रिलीज ...
खाड़ी युद्ध से निपटने की मोदी की तजबीज
मोदीजी ने एक बार फिर राष्ट्र की जनता को उसके कर्तव्यों के प्रति सचेत किया है।
लीजा रे ने दुबई से शेयर की दर्दभरी कविता, मिडिल ईस्ट तनाव के बीच जताई चिंता
मिडिल ईस्ट में ईरान और इजराइल के बीच जारी भीषण संघर्ष ने पूरी दुनिया को चिंता में डाल दिया है। इस युद्ध के बीच कई भारतीय भी दुबई में फंस गए हैं। हर तरफ धमाकों और सायरन का शोर सुनाई दे रहा है। एक्ट्रेस लीजा रे भी इन हालातों के बीच दुंबई में अपने घर ...
मिडिल ईस्ट में युद्ध के बीच फंसीं एक्ट्रेस लारा दत्ता, बेटी के साथ सुरक्षित लौटीं भारत, सुनाई आपबीती
मिडिल ईस्ट में ईरान और इजराइल के बीच जारी भीषण संघर्ष ने पूरी दुनिया को चिंता में डाल दिया है। इस युद्ध के बीच कई भारतीय भी दुबई में फंस गए हैं। बॉलीवुड की मशहूर अभिनेत्री और पूर्व मिस यूनिवर्स लारा दत्ता भी अपनी 14 साल की बेटी सायरा के साथ यूएई में ...
एक्सेल एंटरटेनमेंट और ट्रिगर हैप्पी स्टूडियोज़ की '120 बहादुर' को लेकर चर्चा अब अपने सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंच चुकी है। फिल्म ट्रेलर ने पूरी तरह से रोमांच और प्रेरणा का सही मिश्रण पेश किया है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बलिदान दिवस पर मेजर शैतान सिंह ...
War 2 रिव्यू: लचर स्क्रिप्ट और निर्देशन के कारण रितिक और एनटीआर हारे युद्ध, पढ़ें पूरी समीक्षा
रितिक रोशन और एनटीआर स्टारर War 2 ‘स्पाई यूनिवर्स’ की बड़ी पेशकश मानी जा रही थी, लेकिन कमजोर स्क्रिप्ट और औसत निर्देशन ने इसे निराशाजनक बना दिया। शानदार एक्शन सीक्वेंस और एनटीआर के दमदार परफॉर्मेंस के बावजूद फिल्म का सेकंड हाफ बिखर गया। कहानी में ...
बॉलीवुड एक्ट्रेस उर्वशी रौतेला अपनी खूबसूरती से हर किसी का दिल जीत लेती हैं। उर्वशी ने बेहद ही कम समय में एक अलग मुकाम हासिल किया है। वह दुनिया के सबसे शक्तिशाली लोगों के साथ 'मिलने और अभिवादन' के क्षणों में संलग्न रहती है। ऐसा ही एक क्षण था जब ...
सलमान खान की सिकंदर के आखिरी गाने में दिखेगा जबरदस्त जलवा, तुर्की से बुलाए गए 500 डांसर्स!
बॉलीवुड सुपरस्टार सलमान खान की 'सिकंदर' इस साल की सबसे बड़ी फिल्म मानी जा रही है, जिसका दर्शक बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। इसके एक्शन-पैक्ड टीजर ने इसकी भव्य एंट्री के लिए एकदम परफेक्ट माहौल तैयार कर दिया है। भव्य पैमाने पर बनाई गई इस फिल्म में ...
केसरी वीर के लिए सूरज पंचोली ने की कड़ी ट्रेनिंग, ऐसे सीखा युद्ध कौशल
बॉलीवुड एक्टर सूरज पंचोली अपनी पहली बायोपिक में वीर हामीरजी गोहिल के ऐतिहासिक किरदार को जीवंत करने जा रहे हैं। सुनील शेट्टी, विवेक ओबेरॉय और सूरज पंचोली अभिनीत फिल्म 'केसरी वीर : लीजेंड्स ऑफ सोमनाथ' का टीजर हाल ही में रिलीज हुआ है। सोमनाथ मंदिर की ...
फरहान अख्तर लेकर आ रहे भारत-चीन युद्ध पर आधारित फिल्म 120 बहादुर, निभाएंगे मेजर शैतान सिंह का रोल
Movie 120 Bahadur : रितेश सिधवानी और फरहान अख्तर की एक्सेल एंटरटेनमेंट, ट्रिगर हैप्पी स्टूडियोज के साथ मिलकर '120 बहादुर' को पेश करने के लिए उत्साहित हैं। यह फिल्म मेजर शैतान सिंह (पीवीसी) और चार्ली कंपनी, 13 कुमाऊं रेजिमेंट के सैनिकों की कहानी कहती ...
Adil Hussain: दुनियाभर में इन दिनों पेरिस ओलंपिक 2024 की धूम मची हुई है। पेरिस ओलंपिक में दुनियाभर के खिलाड़ियों ने भाग लिया है। भारत के कई खिलाड़ी भी इसमें हिस्सा लेने पहुंचे हुए हैं। हाल ही में तुर्की के शूटर यूसुफ डिकेक ने सिल्वर मेडल जीता।
बॉर्डर की 27वीं सालगिरह पर, अभिनेता सनी देओल ने एक घोषणा वीडियो के ज़रिए फ़्रैंचाइज़ी के दूसरे संस्करण की पुष्टि की है। अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर सनी ने बॉर्डर 2 में अपनी वापसी की आधिकारिक घोषणा करते हुए एक वीडियो शेयर किया और इसे 'भारत की सबसे बड़ी युद्ध फिल्म' बताया। उन्होंने पोस्ट के कैप्शन में लिखा, ''एक फौजी अपने 27 साल पुराने वादे को पूरा करने के बाद, आ रहा है फिर से। भारत की सबसे बड़ी युद्ध फिल्म, बॉर्डर 2।'' इस फिल्म का निर्माण भूषण कुमार, कृष्ण कुमार, जेपी दत्ता और निधि दत्ता करेंगे। आगामी युद्ध फिल्म का निर्देशन अनुराग सिंह करेंगे। इसे भी पढ़ें: Bollywood Wrap Up | पति से तकरार के बीच केन्या लौट गई हैं Dalljiet Kaur? शादी को बचाने की कर रही कोशिश सनी द्वारा घोषणा वीडियो शेयर किए जाने के तुरंत बाद, सोशल मीडिया यूज़र्स ने अपनी उत्सुकता व्यक्त करते हुए कमेंट सेक्शन में बाढ़ ला दी। एक यूज़र ने लिखा, ''वाह, यह बहुत बढ़िया घोषणा है सर जी, जय हिंद।'' दूसरे ने लिखा, ''बहुत उत्साहित हूँ।'' तीसरे यूजर ने टिप्पणी की, ''बॉर्डर 2 के लिए बहुत उत्साहित हूं।'' इसे भी पढ़ें: NDA पर इमोशनल बयान, काले सूट में ली मंत्री पद की शपथ और शर्मिला अंदाज, Tripti Dimri की तरह रातों रात भारत के Sensation बन गये Chirag Paswan सनी देओल की अन्य परियोजनाएं उन्हें आखिरी बार अमीषा पटेल के साथ गदर 2 में देखा गया था। यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर बहुत सफल रही और इसे ऑल टाइम ब्लॉकबस्टर घोषित किया गया। गदर 2 की सफलता के बाद, सनी ने लाहौर 1947 सहित कई फिल्में साइन कीं, जिसे आमिर खान के प्रोडक्शन बैनर के तहत बनाया जा रहा है। फिल्म का निर्देशन राजकुमार संतोषी ने किया है, जिन्होंने आमिर को कल्ट क्लासिक अंदाज़ अपना अपना (1994) में निर्देशित किया था। View this post on Instagram A post shared by Sunny Deol (@iamsunnydeol)
Kalki 2898 AD: शुरू हो गया नया युद्ध, पूरे ट्रेलर की अहम कड़ी हैं अमिताभ, प्रभास करेंगे इम्प्रेस
Kalki 2898 AD के ट्रेलर को देखें तो, फिल्म कल्कि 2898 एडी के मेकर्स ने विश्वास दिलाया है कि ये फिल्म लोगों को बांधने में कामयाब होगी. टफ सीक्वेंस, क्लियर एडिटिंग और बैकग्राउंड स्कोर आपका ध्यान खींचते हैं. वीएफएक्स पर भी अच्छा काम किया गया है.
आशुतोष राणा ने डीपफेक वीडियो को बताया 'माया युद्ध', बोले- ये सालों से चल रहा
आशुतोष ने कहा कि ऐसी बातों में खुद को डिफेंड करने का कोई फायदा नहीं है. उन्होंने कहा कि जो लोग आपको जानते हैं वो सवाल करेंगे ही नहीं. और जो नहीं जानते, उन्हें किसी रिस्पॉन्स से फर्क नहीं पड़ेगा क्योंकि वो दिमाग में आपकी एक छवि बना चुके होते हैं.
रानीति बालाकोट एंड बियॉन्ड: जिमी शेरगिल की नई सीरीज भारत की आधुनिक युद्ध की ऐतिहासिक कहानी को प्रदर्शित करेगी। जिमी शेरगिल दो मिनट के ट्रेलर की शुरुआत पुलवामा हमले की झलक से होती है। एनएसए प्रमुख की भूमिका निभाने वाले आशीष कहते हैं, ये एक नया रण है या इसे जीतने के लिए एक नई रणनीति की जरूरत है। इसे भी पढ़ें: नक्सलियों के खिलाफ 'ऑपरेशन प्रहार', कमांडर शंकर राव समेत अब तक 79 हुए ढेर, हिट लिस्ट में और भी कई नाम शामिल आगामी वेब शो आधुनिक युद्ध को डिकोड करता है जो केवल भौतिक सीमाओं पर नहीं लड़ा जाता है बल्कि सोशल मीडिया, डिजिटल रणनीति और गुप्त राजनीतिक चालों के क्षेत्र से परे है जो भू-राजनीति को नया आकार देने की शक्ति रखता है। वेब श्रृंखला उन वास्तविक घटनाओं से प्रेरित है जिन्होंने 2019 में देश को हिलाकर रख दिया था। शो में कुछ हवाई दृश्य, शानदार प्रदर्शन और एक शक्तिशाली कथा है जो युद्ध के मैदान के अंदर और बाहर हर पहलू को चतुराई से पकड़ती है। इसे भी पढ़ें: Biden को सोचना पड़ेगा फिर एक बार, Iran पर प्रहार तो रूस करेगा पलटवार, रक्षा मंत्रायल ने चिट्ठी लिखकर जता दी मंशा आगामी वेब श्रृंखला के बारे में बात करते हुए, जिमी ने कहा: यह मेरे द्वारा अतीत में की गई किसी भी भूमिका से भिन्न है। कम से कम यह कहना चुनौतीपूर्ण रहा है, लेकिन भारत की पहली वॉर-रूम केंद्रित वेब-श्रृंखला का हिस्सा बनना बेहद संतोषजनक भी है। वास्तविक जीवन की घटनाओं से प्रेरित जिसने देश को हिलाकर रख दिया। एनएसए प्रमुख के रूप में अपनी भूमिका के बारे में बात करते हुए, आशीष ने कहा, एनएसए प्रमुख की भूमिका निभाना चुनौतीपूर्ण रहा है, लेकिन रक्षा बलों के कुछ सदस्यों के साथ बैठकों ने मुझे अपने चरित्र की बारीकियों को समझने में मदद की। तैयारी कार्य और कार्यशालाएं मुझे वापस ले गईं मेरे एनएसडी के दिनों में। संतोष सिंह द्वारा निर्देशित, श्रृंखला का निर्माण स्फीयरओरिजिन्स मल्टीविजन प्राइवेट लिमिटेड के सुंजॉय वाधवा और कॉमल सुंजय डब्ल्यू द्वारा किया गया है। इसमें प्रसन्ना भी हैं। शो का प्रीमियर 25 अप्रैल को JioCinema पर होगा।
दर्शक काफी समय से रैपर बादशाह और हनी सिंह के बीच जुबानी जंग देख रहे हैं। दोनों का रिश्ता सालों से विवादों से भरा रहा है। हालांकि करियर के शुरुआती दिनों में बादशाह और हनी सिंह के बीच अच्छी दोस्ती हुआ करती थी। हालाँकि, ऐसा लगता है कि सफलता और पैसे ने धीरे-धीरे इस दोस्ती को पूरी तरह से खत्म कर दिया। अब दोनों अक्सर एक दूसरे पर तंज कसते नजर आते हैं। हाल ही में हनी सिंह एक होली पार्टी में शामिल हुए, जहां उन्होंने बादशाह के 'पापा कमबैक' वाले कमेंट का करारा जवाब दिया। रैपर का ये वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इसे भी पढ़ें: Punjab Kings के खिलाफ जीत के बाद इंटरनेट पर Virat Kohli का Anushka Sharma के साथ वीडियो कॉल, FLY KISS देते नजर आये खिलाड़ी हनी सिंह ने बादशाह पर किया पलटवार बादशाह कुछ दिनों पहले हनी सिंह पर अपनी टिप्पणी को लेकर चर्चा में थे, जिसमें उन्होंने हनी सिंह की वापसी पर कटाक्ष किया था। अब सिंगर और रैपर हनी सिंह ने एक कमेंट के जरिए बादशाह को करारा जवाब दिया है और कहा है कि उन्हें बादशाह को जवाब देने के लिए मुंह खोलने की जरूरत नहीं है। उनके फैन ही काफी हैं जो हर चीज पर बात कर सकते हैं। उन्होंने अपने गाली वाले अंदाज में अपने फैंस से बात करते हुए बादशाह का जवाब दिया। हनी सिंह को सोमवार को मुंबई में एक होली पार्टी में परफॉर्म करते देखा गया और यहीं उन्होंने बादशाह पर कटाक्ष किया। बिना किसी का नाम लिए उन्होंने कहा, हर कोई कहता है, रिप्लाई करो, रिप्लाई करो... मैं क्या रिप्लाई करूं... आप लोग तो उनके सारे कमेंट्स का बहुत अच्छे से रिप्लाई कर चुके हैं। मुझे मुंह खोलने की जरूरत है। ऐसा नहीं होता है। जैसे ही भीड़ ने उनके लिए तालियां बजाईं, गायक ने कहा, मुझे बोलने की जरूरत नहीं है। आप लोग खुद पागल हैं। हनी सिंह पागल हैं और उनके प्रशंसक भी पागल हैं। इसे भी पढ़ें: Taapsee Pannu के पति Mathias Boe आखिर कौन है? जब सफल भी नहीं थी एक्ट्रेस तब से उन्हें प्यार करते थे बैडमिंटन खिलाड़ी रैपर बादशाह ने क्या कहा? आपको बता दें कि हाल ही में बादशाह ने हनी सिंह पर कमेंट करते हुए कहा था, ''मुझे एक पेन और कागज दो। मैं तुम्हारे लिए एक गिफ्ट लाया हूं। मैं कुछ गाने लिखूंगा और तुम्हें दूंगा। पापा की वापसी तुम्हारे साथ होगी।'' Kalesh Controversy B/w Honey Singh and Badshah (Honey Singh Replied to Badshah) pic.twitter.com/o74t423bgS — Ghar Ke Kalesh (@gharkekalesh) March 25, 2024 Kalesh Between Badshah & Honey Singh Fans on Stage during Live Concert pic.twitter.com/M4VqSqLSc3 — Ghar Ke Kalesh (@gharkekalesh) March 19, 2024
आखिर क्यों Indira Gandhi ने Aandhi मूवी पर लगा दिया था प्रतिबन्ध, आज भी देखने से कतराते हैं लोग
आखिर क्यों Indira Gandhi नेAandhi मूवी पर लगा दिया था प्रतिबन्ध,आज भी देखने से कतराते हैं लोग
'सावरकर' रिव्यू: खोखली, एकतरफा फिल्म में एकमात्र अच्छी चीज है रणदीप हुड्डा का काम
आज के दौर में 'गुमनाम' हो चुके एक स्वतंत्रता नायक की कहानी कहने निकली ये फिल्म, एक अनजान कहानी बताने से ज्यादा अपने हीरो विनायक दामोदर सावरकर को बाकियों के मुकाबले अधिक 'वीर' बताने पर फोकस करने लगती है.
अस्तित्व और बदले के लिएब्रह्मांड में शुरू होने वाला है महायुद्ध, एक्शन और रोमांच से भरपूर हैRebel Moon 2 का धांसू ट्रेलर

