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सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म को AI कंटेंट पर लेबल लगाना जरूरी:डीपफेक वीडियो-फोटो 3 घंटे में हटाना होगा, कल से नए IT नियम लागू होंगे

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स जैसे X (ट्विटर), यू-ट्यूब, स्नैपचैट और फेसबुक को कल 20 जनवरी से अपने प्लेटफॉर्म पर शेयर किए जाने वाले AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) कंटेंट पर लेबल लगाना होगा। इसके साथ ही अगर कोई डीपफेक वीडियो-फोटो अपलोड करता है, तो 3 में हटाने होगा। इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने इसके लिए IT रूल्स 2021 में बदलाव किया है, जिसका ड्राफ्ट सरकार ने 22 अक्टूबर 2025 को जारी किया गया था। इसके बाद मंत्रालय ने 10 फरवरी को नोटिफिकेशन जारी कर प्लेटफॉर्म्स को नए नियम का पालन करने का आदेश जारी किया था। नए नियम डीपफेक और AI से बने कंटेंट को लेबल और ट्रेस करने के लिए हैं। मतलब, अब AI कंटेंट में साफ लिखना होगा कि यह कंटेंट असली नहीं, AI वाला है। इससे मिस इनफॉर्मेशन और चुनावी धांधली जैसी समस्याओं पर लगाम लगेगी। पीएम बोले- कंटेंट पर 'ऑथेंटिसिटी लेबल' की जरूरत पीएम ने आज AI समिट में संबोधन के दौरान सुझाव दिया कि जैसे खाने के सामान पर 'न्यूट्रिशन लेबल' होता है, वैसे ही डिजिटल कंटेंट पर भी स्पष्ट लेबल होना चाहिए। इससे लोगों को पता चल सकेगा कि क्या असली है और क्या एआई द्वारा बनाया गया (फैब्रिकेटेड) है। सभी AI ऑडियो-वीडियो लेबल लगाना होगा नई रूल 3(3) के तहत, जो भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म AI कंटेंट जैसी 'सिंथेटिकली जेनरेटेड इंफॉर्मेशन' क्रिएट करने देगा, उसे हर ऐसे कंटेंट पर प्रॉमिनेंट लेबल लगाना होगा। परमानेंट यूनिक मेटाडेटा/आइडेंटिफायर एम्बेड भी करना पड़ेगा। ये लेबल विजुअल में कम से कम 10% एरिया कवर करेगा या ऑडियो में पहले 10% टाइम में सुनाई देगा। मेटाडेटा को कोई चेंज, हाइड या डिलीट नहीं कर पाएगा। प्लेटफॉर्म्स को टेक्निकल तरीके अपनाने पड़ेंगे ताकि अपलोड होने से पहले ही चेक हो जाए कि ये AI वाला है या नहीं। नए IT नियमों में ये 3 बदलाव भी यूजर्स और इंडस्ट्री पर क्या असर पड़ेगा? यूजर्स अब फेक कंटेंट आसानी से पहचान सकेंगे, मिसइनफॉर्मेशन कम होगी। लेकिन क्रिएटर्स को एक्स्ट्रा स्टेप्स करने पड़ेंगे, जैसे लेबल लगाना। इंडस्ट्री के लिए चैलेंज ये होगा कि उन्हें मेटाडेटा और वेरिफिकेशन के लिए टेक इन्वेस्टमेंट करना होगा, जो ऑपरेशंस को थोड़ा महंगा कर सकता है। लेकिन ओवरऑल, ये AI मिसयूज रोकने में मददगार साबित होगा। मंत्रालय ने इन नियमों पर क्या कहा? सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने साफ कहा कि ये स्टेप 'ओपन, सेफ, ट्रस्टेड और अकाउंटेबल इंटरनेट' बनाने के लिए है, जो जनरेटिव AI से आने वाली मिसइनफॉर्मेशन, इम्पर्सनेशन और इलेक्शन मैनिपुलेशन जैसी रिस्क्स को हैंडल करेगा। इससे इंटरनेट ज्यादा भरोसेमंद बनेगा। क्या है डीपफेक? डीपफेक एक तरह की फेक वीडियो होती है, जिसमें किसी शख्स के चेहरे, आवाज और एक्सप्रेशन बदले जाते हैं। AI टूल्स के जरिए एडिटिंग इतनी सफाई से होती है कि सही और फेक वीडियो में पहचान कर पाना काफी मुश्किल होता है। --------------------------- ये खबर भी पढ़ें… X ने अश्लील AI कंटेंट पर सरकार को जवाब सौंपा:आईटी मंत्रालय जांच कर रहा, महिलाओं की आपत्तिजनक तस्वीरें क्रिएट कर शेयर करने का आरोप दुनिया के सबसे अमीर कारोबारी इलॉन मस्क के AI चैटबॉट ग्रोक (Grok) के जरिए महिलाओं और बच्चों की अश्लील तस्वीरें बनाने के मामले में भारत सरकार को अपना जवाब सौंप दिया है। आईटी मंत्रालय ने 2 दिसंबर को मस्क की कंपनी को बुधवार शाम 5 बजे तक का समय दिया था। न्यूज एजेंसी के मुताबिक, कंपनी ने एक्शन टेकन रिपोर्ट दाखिल कर दी है, जिसकी मंत्रालय जांच कर रहा है। सरकार ने चेतावनी दी थी कि अगर AI टूल्स के गलत इस्तेमाल पर कड़े कदम नहीं उठाए गए, तो X को भारतीय कानूनों के तहत मिल रही कानूनी सुरक्षा खत्म कर दी जाएगी। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 19 Feb 2026 6:34 pm

टाटा पंच EV फेसलिफ्ट कल लॉन्च होगी:421km की रेंज के साथ ADAS सेफ्टी और वेंटिलेटेड सीट्स जैसे फीचर, एक्सपेक्टेड प्राइस ₹11-₹15 लाख

टाटा मोटर्स अपनी पॉपुलर इलेक्ट्रिक SUV पंच ईवी का फेसलिफ्ट कल 20 फरवरी को भारत में लॉन्च करने जा रही है। पंच EV जनवरी 2024 पहली बार भारत में लॉन्च हुई थी। अब दो साल बाद इसे पहला बड़ा अपडेट दिया जाएगा। कंपनी ने हाल ही में अपडेटेडेट पंच ईवी का फर्स्ट लुक रिवील किया था। नया फेसलिफ्ट मॉडल काफी हद तक पंच के पेट्रोल (ICE) वर्जन से इंस्पायर्ड होगा, जिसे पिछले महीने ही अपडेट किया गया है। नई पंच EV 12.3 इंच की स्क्रीन, कनेक्टेड LED टेललाइट्स और वेंटिलेटेड सीट्स जैसे लग्जरी फीचर्स के साथ आएगी। वहीं, सेफ्टी के लिए 6 एयरबैग्स और 360 कैमरा जैसे फीचर्स स्टैंडर्ड मिलेंगे। इसके साथ पहली बार कार में एडवांस्ड ड्राइवर असिस्टेंस सिस्टम (ADAS) फीचर्स भी दिया जा सकता है। नई पंच ईवी की एक्स-शोरूम शुरुआती कीमत ₹11 से ₹15 लाख के बीच हो सकती है। कीमत और मुकाबला: मौजूदा मॉडल से थोड़ी महंगी हो सकती है कार टाटा पंच ईवी फेसलिफ्ट की कीमतों का खुलासा 20 फरवरी को लॉन्चिंग के दौरान होगा। फिलहाल मौजूदा पंच ईवी की एक्स-शोरूम कीमत ₹9.99 लाख से ₹14.44 लाख के बीच है। माना जा रहा है कि नए फीचर्स और डिजाइन अपडेट के बाद इसकी कीमतों में थोड़ी बढ़ोतरी हो सकती है। बाजार में इसका सीधा मुकाबला सिट्रोएन eC3 और आने वाली हुंडई एक्सटर EV से रहेगा। एक्सटीरियर डिजाइन: बदला हुआ फ्रंट लुक और नए अलॉय व्हील्स फ्रंट प्रोफाइल: कार के अगले हिस्से में सबसे बड़ा बदलाव इसकी ग्रिल और लाइट सेटअप में है। फेसलिफ्ट मॉडल में हेडलैम्प्स को जोड़ने वाली काली पट्टी को हटा दिया गया है। साथ ही कनेक्टेड LED DRLs के डिजाइन में भी बदलाव किया गया है। फ्रंट स्कफ प्लेट को भी नया किया गया है। साइड और रियर: साइड प्रोफाइल में नेक्सॉन ईवी से इन्सपायर्ड नए 'एरो-ऑप्टिमाइज्ड' अलॉय व्हील्स दिए गए हैं, जो रेंज बढ़ाने में मदद करते हैं। पीछे की तरफ इसके पेट्रोल वर्जन की तरह कनेक्टेड LED टेल-लैम्प मिलने की उम्मीद है। कलर ऑप्शन: कंपनी ने इसमें एक नया 'ब्राइट येलो' कलर पेश किया है, जो हैरियर के सनलिट येलो जैसा दिखता है। इसमें कॉन्ट्रास्टिंग ब्लैक रूफ (डुअल टोन) का विकल्प भी मिलेगा। इंटीरियर: 12.3 इंच की बड़ी स्क्रीन और लग्जरी केबिन केबिन के अंदर कंपनी ने टेक्नोलॉजी और कंफर्ट पर फोकस किया है... डैशबोर्ड और डिस्प्ले: इसमें नया 12.3-इंच का बड़ा टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम मिल सकता है, जो वायरलेस एंड्रॉइड ऑटो और एप्पल कारप्ले सपोर्ट करेगा। सीटिंग और सनरूफ: प्रीमियम फील के लिए नई सीट अपहोल्स्ट्री और वेंटिलेटेड सीट्स दी जा सकती हैं। साथ ही इसमें इलेक्ट्रिक सनरूफ का फीचर भी रहेगा। स्टीयरिंग: टाटा का नया टू-स्पोक और इल्लुमिनेटेड लोगो वाला स्टीयरिंग व्हील इसमें देखने को मिलेगा। परफॉरमेंस: 9.5 सेकंड में 0-100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार मैकेनिकल तौर पर नई पंच ईवी में बड़े बदलाव की उम्मीद कम ही है। इसमें पहले की तरह दो बैटरी ऑप्शंस मिल सकते हैं। यह ईवी केवल 9.5 सेकेंड में 0-100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार पकड़ सकती है और इसकी टॉप स्पीड 140kmph है। ईवी में दो ई-ड्राइव ऑप्शन है: एक 120bhp, 190Nm टॉर्क वर्जन और एक 80bhp, 114 एनएम टॉर्क वर्जन। कार में दो बैटरी पैक ऑप्शन- 25kWh (मिड रेंज) और 35kWh (लॉन्ग रेंज) मिलेंगे। मिड रेंज ट्रिम में सिंगल चार्ज पर कार 315km और लॉन्ग रेंज में 421km तक की रेंज (MIDC) मिलेगी। स्टैंडर्ड में केवल 3.3kW AC चार्जर मिलता है, जबकि लॉन्ग रेंज में 7.2kW AC चार्जर के साथ 50kW DC फास्ट चार्जिंग भी मिलती है। सेफ्टी फीचर्स: ADAS और 6 एयरबैग्स से होगी लैस ADAS टेक्नोलॉजी: पंच EV में रडार और कैमरा बेस्ड ADAS सिस्टम दिया जा सकता है, जिसमें ऑटोमैटिक इमरजेंसी ब्रेकिंग और लेन कीप असिस्ट जैसे फीचर्स होंगे। स्टैंडर्ड सेफ्टी: 6 एयरबैग्स, ABS के साथ EBD, इलेक्ट्रॉनिक स्टेबिलिटी कंट्रोल (ESC) और 360-डिग्री कैमरा जैसे फीचर्स इसे सेगमेंट की सबसे सेफ इलेक्ट्रिक कार बनाएंगे।

दैनिक भास्कर 19 Feb 2026 4:02 pm

मारुति की पहली इलेक्ट्रिक कार ई-विटारा के फुल प्राइस रिवील:फुल चार्ज में 543km चलेगी और लेवल-2 ADAS जैसे सेफ्टी फीचर, शुरुआती कीमत ₹15.99 लाख

मारुति सुजुकी ने आज (19 फरवरी) अपनी पहली इलेक्ट्रिक कार ई-विटारा की पूरी प्राइस लिस्ट जारी कर दी है। ई-विटारा 49kWh और 61kWh के दो बैटरी पैक ऑप्शन के साथ आई है। कंपनी का दावा है कि कार एक बर फुल चार्ज करने पर 543 किलोमीटर से ज्यादा चलती है। इलेक्ट्रिक SUV में 360 डिग्री कैमरा, एयरबैग और लेवल-2 एडवांस ड्राइविंग असिस्टेंस सिस्टम (ADAS) जैसे सेफ्टी फीचर्स दिए गए हैं। इसकी शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत ₹15.99 लाख रुपए रखी गई है। वहीं, BAAS प्रोग्राम के तहत बिना बैटरी के कार ₹10.99 लाख में खरीद सकेंगे। इसे मारुति के प्रीमियम नेक्सा शोरूम के जरिए बेचा जाएगा। मारुति सुजुकी ई-विटारा: वैरिएंट वाइस प्राइस ₹3.99 प्रति किलोमीटर का रेंट देना होगा, फ्री चार्ज कर सकेंगे ग्राहकों को बैटरी के लिए 'बैटरी-एज-ए-सर्विस' (BaaS) प्रोग्राम के तहत ₹3.99 प्रति किलोमीटर का रेंट देना होगा। कंपनी ने फिलहाल 49kWh बैटरी पैक वाले बेस 'डेल्टा' वैरिएंट की कीमत बताई है, पूरी प्राइस लिस्ट बाद में जारी होगी। कार डेल्टा, जेटा और अल्फा में वैरिएंट्स में मिलेगी। कार की बुकिंग 21 हजार रुपए में शुरू कर दी गई है। इसके साथ ही इसकी डिलीवरी भी शुरू हो गई है। यह कार मार्केट में हुंडई क्रेटा इलेक्ट्रिक और टाटा कर्व EV जैसी गाड़ियों को टक्कर देगी। बैटरी पैक पर 8 साल या 1,60,000 किलोमीटर तक की और गाड़ी पर 3 साल की वारंटी मिलेगी। गाड़ी की वारंटी को 5 साल तक बढ़वाया जा सकता है। इसके साथ घर पर चार्जर लगाने की सुविधा मुफ्त दी जाएगी। साथ ही, मारुति के 'e for me' एप के जरिए एक साल तक फ्री चार्जिंग की सुविधा भी मिलेगी। बैटरी एज ए स​र्विस प्रोग्राम क्या है? बैटरी एज ए स​र्विस (BAAS) एक बैटरी रेंटल प्रोग्राम है। इसके तहत इलेक्ट्रिक कार खरीदने पर उसकी कीमत में बैटरी पैक की कीमत शामिल नहीं होती है। इसकी जगह आपसे बैटरी के इस्तेमाल के हिसाब से पैसे लिए जाएंगे। यानी आप गाड़ी जितने किलोमीटर चलाओगे उस हिसाब से बैटरी की कॉस्ट रेंटल फीस के तौर पर वसूली जाएगी। जहां हर महीने आपको EMI के तौर पर देनी होगी, लेकिन आपको बैटरी चार्ज करने के अलग से पैसे देने होंगे। एक्सटीरियर : LED हेडलैंप और 19-इंच ब्लैक व्हील सुजुकी ई विटारा को नए हार्टेक्ट-ई प्लैटफॉर्म पर डेवलप किया गया है, जिसे कंपनी ने टोयोटा के साथ मिलकर बनाया है। सुजुकी ई विटारा का एक्सटीरियर डिजाइन EVX कॉन्सेप्ट मॉडल की तरह ही है। इसके फ्रंट में पतली LED हेडलाइट और वाई-शेप्ड LED DRL और स्टाइलिश बंपर के साथ इंटीग्रेटेड फॉग लाइट दी गई हैं। बॉडी क्लेडिंग और 19-इंच ब्लैक व्हील के साथ मिड साइज SUV साइड से काफी मस्क्यूलर दिखाई देती है। पिछले गेट पर डोर हैंडल को सी-पिलर पर दिया गया है। इसके अलावा रुफ पर एक इलेक्ट्रिक सनरुफ भी है। ई विटारा के रियर में कॉन्सेप्ट वर्जन की तरह 3-पीस लाइटिंग एलिमेंट वाली कनेक्टेड LED टेल लाइट दी गई है। इंटीरियर : 6 एयरबैग स्टैंडर्ड और इलेक्ट्रॉनिक पार्किंग ब्रेक मिलेंगे ई-विटारा में डुअल-टोन ब्लैक और ऑरेंज केबिन दी गई है। इसमें 2-स्पोक फ्लेट बॉटम स्टीयरिंग व्हील और वर्टिकल ओरिएंटेड AC वेंट्स के चारों ओर क्रोम टच दिया गया है। इसके केबिन का प्रमुख हाइलाइट इंटीग्रेटेड फ्लोटिंग स्क्रीन सेटअप दिया गया है, जिसमें एक इंफोटेनमेंट और दूसरी ड्राइवर डिस्प्ले है। सुजुकी ने ई विटारा के फीचर्स का खुलासा नहीं किया है, लेकिन उम्मीद है मारुति की इलेक्ट्रिक कार में ऑटोमैटिक AC, वेंटिलेटेड फ्रंट सीटें और वायरलेस फोन चार्जर जैसे फीचर दिए जा सकते हैं। वहीं, सुरक्षा के लिए इसमें 6 एयरबैग स्टैंडर्ड, 360 डिग्री कैमरा और इलेक्ट्रॉनिक पार्किंग ब्रेक जैसे सेफ्टी फीचर मिलेंगे। परफॉर्मेंस: बैटरी पैक और रेंज यूरोपियन मार्केट में ई विटारा को दो बैटरी पैक ऑप्शन के साथ पेश किया गया है। इसमें 49kWh और 61kWh का बैटरी पैक ऑप्शन शामिल है। कार में 2 व्हील ड्राइव और 4 व्हील ड्राइव का ऑप्शन भी दिया गया है। 1 लाख चार्जिंग पॉइंट्स का नेटवर्क खड़ा करेगी मारुति ई-विटारा इलेक्ट्रिक को पिछले साल रिवील किया गया था कंपनी ने ईवी को पिछले साल जनवरी में हुए भारत ग्लोबल मोबिलिटी एक्सपो-2025 में रिवील किया था। इससे पहले मारुति की पेरेंट कंपनी सुजुकी मोटर कॉर्पोरेशन ने पिछले साल अक्टूबर में इटली के मिलान में हुए मोटर शो EICMA-2024 में ई-विटारा को ग्लोबल मार्केट में रिवील किया था। मिड साइज इलेक्ट्रिक एसयूवी EVX का प्रोडक्शन वर्जन है, जिसे पहली बार ऑटो एक्सपो-2023 में पेश किया गया था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 26 अगस्त 2025 को गुजरात के हंसलपुर में ई-विटारा को एक्सपोर्ट के लिए फ्लैग-ऑफ किया था। ये पूरी तरह से मेड-इन-इंडिया इलेक्ट्रिक कार है और इसे 100 से ज्यादा देशों, जैसे यूरोप और जापान में निर्यात किया जाएगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 26 अगस्त 2025 को गुजरात के हंसलपुर में ई-विटारा को एक्सपोर्ट के लिए फ्लैग-ऑफ किया था। ये पूरी तरह से मेड-इन-इंडिया इलेक्ट्रिक कार है और इसे 100 से ज्यादा देशों, जैसे यूरोप और जापान में निर्यात किया जाएगा।

दैनिक भास्कर 19 Feb 2026 2:33 pm

चीनी रोबोट विवाद के बाद प्रोफेसर को नौकरी की तलाश:लिंक्डइन पर लिखा ओपन टू वर्क; गलगोटिया यूनिवर्सिटी AI समिट से बाहर

चाइनीज रोबोट को गलगोटिया यूनिवर्सिटी का इन्वेंशन बताने वाली प्रोफेसर नेहा सिंह अब नई नौकरी की तलाश में हैं। उन्होंने लिंक्डइन प्रोफाइल पर 'ओपन टू वर्क' का स्टेटस अपडेट कर दिया है। इस मामले के आने के बाद सरकार ने यूनिवर्सिटी को AI समिट से बाहर कर दिया था। वहीं यूनिवर्सिटी ने इस पूरे मामले के लिए प्रोफेसर को जिम्मेदार ठहराते हुए माफी मांगी है। यूनिवर्सिटी ने कहा, हमारी एक प्रतिनिधि को सही जानकारी नहीं थी। वे कैमरे पर आने के उत्साह में गलत तथ्य दे गईं। उन्हें प्रेस से बात करने के लिए अधिकृत भी नहीं किया गया था। आईटी सचिव बोले- गलत जानकारी बर्दाश्त नहीं विवाद पर बात करते हुए आईटी सचिव एस. कृष्णन ने कहा, हम चाहते हैं कि लोग एक्सपो में जो भी प्रदर्शित करें, उसमें उनका वास्तविक काम दिखे। हम नहीं चाहते कि ऐसे आयोजनों का इस्तेमाल किसी और तरीके से किया जाए। गलत जानकारी को बढ़ावा नहीं दिया जा सकता। जब उनसे पूछा गया कि क्या मंत्रालय ने पहले मॉडल्स की जांच नहीं की थी, तो उन्होंने कहा, ये चीजें बिक्री के लिए नहीं थीं, जहां हमें सर्टिफिकेशन की जरूरत हो। जब कोई प्रोडक्ट का डेमो देता है, तो हम मानकर चलते हैं कि उन्हें पता है वे क्या कह रहे हैं। अगर हम प्रदर्शनी की हर चीज को सर्टिफाई करने लगेंगे, तो लोग कहेंगे कि हम इनोवेशन को रोक रहे हैं। वीडियो वायरल होने से शुरू हुआ विवाद वीडियो में यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर नेहा सिंह कह रही हैं कि इस रोबोटिक डॉग का नाम 'ओरियन' है। इसे गलगोटिया यूनिवर्सिटी के 'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस' ने तैयार किया है। उन्होंने ये भी कहा कि यूनिवर्सिटी AI के क्षेत्र में 350 करोड़ रुपए का निवेश कर रही है। इस वीडियो के सामने आने के बाद कई टेक एक्सपर्ट्स और यूजर्स ने दावा किया कि यह असल में चीनी कंपनी 'यूनिट्री' का 'Go2' मॉडल है, जो बाजार में 2-3 लाख रुपए में उपलब्ध है। वहीं एक अन्य वीडियो में यूनिवर्सिटी जिस ड्रोन को कैंपस में 'शुरुआत से' तैयार करने का दावा कर रही हैं, उसे यूजर्स ने ₹40 हजार वाला रेडीमेड 'स्ट्राइककर V3 ARF' मॉडल बताया है। यूनिवर्सिटी ने माना था, हमने नहीं बनाया ये डॉग वीडियो वायरल होने के बाद गलगोटिया यूनिवर्सिटी ने कहा था- हम यह साफ कर देना चाहते हैं कि गलगोटिया ने यह रोबोटिक डॉग नहीं बनाया है और न ही हमने कभी ऐसा दावा किया है। लेकिन हम ऐसे दिमाग तैयार कर रहे हैं जो जल्द ही भारत में ऐसी ही टेक्नोलॉजी को डिजाइन करेंगे, उनकी इंजीनियरिंग करेंगे और उन्हें यहीं बनाएंगे। नॉलेज बॉक्स: क्या है यूनिट्री Go2 रोबोटिक डॉग यूनिट्री Go2 चीन की यूनिट्री रोबोटिक्स कंपनी द्वारा बनाया गया एक एआई-पावर्ड रोबोटिक डॉग है, जो अपनी फुर्ती और एडवांस सेंसर्स के लिए दुनियाभर में मशहूर है। इसमें 4D LiDAR तकनीक का इस्तेमाल हुआ है, जिसकी मदद से यह सीढ़ियां चढ़ने, ऊबड़-खाबड़ रास्तों पर चलने और अपने रास्ते में आने वाली बाधाओं को पहचानता है। लगभग 2 से 3 लाख रुपए की कीमत वाला यह रोबोट वॉयस कमांड पर भी काम करता है और मुख्य रूप से तकनीकी रिसर्च और शिक्षा के क्षेत्र में इस्तेमाल किया जाता है। कैसे काम करती है यह तकनीक रोबोटिक डॉग बनाने में मैकेनिकल इंजीनियरिंग और सॉफ्टवेयर का गहरा तालमेल होता है: आर्टिफिशियल मांसपेशियां: इनके पैरों में सर्वो मोटर्स या एक्चुएटर्स लगे होते हैं, जो मांसपेशियों की तरह काम करते हैं। इससे रोबोट सीढ़ियां चढ़ने और कूदने में सक्षम होता है। लिडार (LiDAR) तकनीक: लेजर पल्स के जरिए ये रोबोट अपने आसपास का 3D मैप बना लेते हैं। इससे इन्हें पता चलता है कि सामने दीवार है या कोई और रुकावट। खुद का दिमाग: मशीन लर्निंग एल्गोरिदम की मदद से ये बिना किसी इंसान के बताए खुद फैसला ले सकते हैं कि किस रास्ते से जाना सुरक्षित होगा। 2011 में शुरू हुई थी गलगोटिया यूनिवर्सिटी ग्रेटर नोएडा स्थित गलगोटिया यूनिवर्सिटी 2011 में शुरू हुई थी। ये यूनिवर्सिटी 20 अलग-अलग स्कूलों के जरिए डिप्लोमा से लेकर पीएचडी तक के 200 से ज्यादा कोर्स कराती हैं। सुनील गलगोटिया यूनिवर्सिटी के चांसलर और ध्रुव गलगोटिया CEO हैं। अब दिल्ली में चल रही AI समिट के बारे में जानें…

दैनिक भास्कर 19 Feb 2026 1:48 pm

AI समिट से पीछे हटे बिल गेट्स:एपस्टीन केस की फाइलों में नाम आने पर लिया फैसला; अब गेट्स फाउंडेशन के अंकुर वोरा स्पीच देंगे

माइक्रोसॉफ्ट के को-फाउंडर बिल गेट्स नई दिल्ली में चल रही AI समिट में अपना मुख्य भाषण नहीं देंगे। गेट्स फाउंडेशन ने इसकी जानकारी दी। फाउंडेशन ने कहा कि यह फैसला काफी सोच-विचार के बाद लिया गया है ताकि समिट का पूरा ध्यान अपनी प्राथमिकताओं पर बना रहे। फाउंडेशन ने बताया कि समिट में बिल गेट्स की जगह अब अंकुर वोरा फाउंडेशन का पक्ष रखेंगे। अंकुर वोरा गेट्स फाउंडेशन के अफ्रीका और भारत कार्यालयों के प्रेसिडेंट हैं। वे आज समिट के एक सत्र में अपनी बात रखेंगे। अंकुर वोरा फाउंडेशन के कामों को लंबे समय से देख रहे हैं। एपस्टीन केस से जुड़े दस्तावेजों में नाम आने पर हटे गेट्स बिल गेट्स के समिट से हटने से वजह अमेरिकी अपराधी जेफ्री एपस्टीन से जुड़े दस्तावेजों में आए उनके नाम को बताया जा रहा है। इन गुप्त दस्तावेजों को हाल ही में जारी किया गया है। एपस्टीन पर यौन अपराधों और नाबालिगों की तस्करी के गंभीर आरोप थे। 2019 में आत्महत्या के बाद, उससे जुड़े कई क्लासीफाइड दस्तावेज सार्वजनिक किए गए हैं। इन फाइलों में दावा किया गया है कि एपस्टीन और गेट्स के बीच गहरे संबंध थे। एपस्टीन ने गेट्स के एक्स्ट्रा-मैरिटल अफेयर्स और अन्य निजी गतिविधियों में मदद की थी। बिल गेट्स ने एक इंटरव्यू में इन मुलाकातों पर अफसोस जताया है। उन्होंने कहा कि मैंने एपस्टीन के साथ जो भी समय बिताया, मुझे उसका पछतावा है और मैं इसके लिए माफी मांगता हूं। एनवीडिया CEO ने भी भारत दौरा टाला इंडिया AI इम्पैक्ट समिट में गूगल के सीईओ सुंदर पिचई और ओपन-एआई के सैम ऑल्टमैन जैसे दिग्गज शामिल हो रहे हैं। इसमें एनवीडिया के CEO जेंसेन हुआंग भी शामिल होने वाले थे, लेकिन उन्होंने कार्यक्रम रद्द कर दिया है। कयास थे कि उनके हटने की वजह बिल गेट्स की मौजूदगी हो सकती है। हालांकि कंपनी ने कोई आधिकारिक कारण नहीं दिया है। PM मोदी ने AI इम्पैक्ट समिट का उद्घाटन किया था PM मोदी ने 16 फरवरी को दुनिया के सबसे बड़े टेक्नोलॉजी इवेंट में से एक 'इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026' का उद्घाटन किया था। इसके बाद उन्होंने इवेंट में शामिल हुए स्‍टार्टअप्‍स के पवेलियंस में जाकर उनके इनोवेशंस की जानकारी ली थी। ये इवेंट 20 फरवरी तक नई दिल्ली के भारत मंडपम में चलेगा। समिट के साथ-साथ 'इंडिया AI इम्पैक्ट एक्सपो 2026' का भी आयोजन किया गया है। यहां दुनियाभर की कंपनियां अपने लेटेस्ट AI सॉल्यूशंस को दुनिया के सामने पेश किया है। यहां आम लोग देख सकते हैं कि एआई असल जिंदगी में कैसे काम करता है और भविष्य में AI से खेती, सेहत और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में क्या बदलाव लाने वाला है। 'सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय' की थीम पर समिट इस समिट की थीम राष्ट्रीय विजन 'सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय' (सभी का कल्याण, सभी का सुख) पर आधारित है। इसका उद्देश्य मानवता के लिए AI के वैश्विक सिद्धांत को बढ़ावा देना है। समिट में 110 से ज्यादा देश और 30 अंतरराष्ट्रीय संगठन हिस्सा ले रहे हैं। इसमें लगभग 20 देशों के राष्ट्राध्यक्ष और 45 से ज्यादा मंत्री शामिल होने पहुंचे हैं। तीन 'सूत्रों' पर टिका है समिट का विजन इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 तीन मुख्य स्तंभों (सूत्रों) पर आधारित है - पीपल (लोग), प्लैनेट (ग्रह) और प्रोग्रेस (प्रगति)। पीपल: ह्यूमन-सेंट्रिक AI को बढ़ावा देना जो लोगों के अधिकारों की रक्षा करे। प्लैनेट: पर्यावरण के अनुकूल और टिकाऊ AI विकास सुनिश्चित करना। प्रोग्रेस: समावेशी आर्थिक और तकनीकी प्रगति पर जोर देना, ताकि समाज के हर वर्ग को लाभ मिले।

दैनिक भास्कर 19 Feb 2026 9:27 am

गूगल के सबसे बड़े इवेंट I/O की तारीखों का ऐलान:19-20 मई को सुंदर पिचाई स्मार्ट ग्लासेस लॉन्च कर सकते हैं; जेमिनी के नए अपडेट्स मिलेंगे

टेक कंपनी अल्फाबेट (गूगल) ने अपने सबसे बड़े इवेंट डेवलपर कॉन्फ्रेंस 'गूगल I/O 2026' की तारीखों की घोषणा कर दी है। गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (X) पर जानकारी दी कि यह मेगा इवेंट 19 और 20 मई को आयोजित किया जाएगा। कैलिफोर्निया के माउंटेन व्यू के गूगल हेडक्वार्टर में होने वाली इस कॉन्फ्रेंस को दुनिया भर के लोग ऑनलाइन देख सकेंगे। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इस बार गूगल का पूरा फोकस नए एआई टूल्स और वियरेबल गैजेट्स पर होगा। सुंदर पिचाई ने 'X' पर दी जानकारी गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई ने एक पोस्ट के जरिए डेवलपर्स और टेक प्रेमियों को इस इवेंट के लिए इनवाइट किया है। दो दिनों तक चलने वाली इस कॉन्फ्रेंस में गूगल अपनी भविष्य की प्लानिंग और नई तकनीकों का रोडमैप पेश करता है। इवेंट को गूगल की आधिकारिक वेबसाइट पर लाइव देखा जा सकेगा। क्या-क्या नया मिलेगा एक्सपर्ट्स के मुताबिक, गूगल इस इवेंट में अपने सबसे एआई मॉडल 'जेमिनी' (Gemini) के नए और एडवांस वर्जन पेश कर सकता है। लेकिन सबसे ज्यादा चर्चा गूगल के ‘स्मार्ट ग्लासेस’ को लेकर है। पिछले इवेंट में जेमिनी 2.5-प्रो और गूगल बीम लॉन्च हुआ था गूगल I/O 2025' 20 मई से शुरू हुआ। कंपनी का फोकस पूरी तरह से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पर रहा और कंपनी ने जेमिनी 2.5, गूगल बीम, इमेजिन 4, वेयो 3 जैसे कई AI टूल पेश किए थे। इस दौरान कंपनी के CEO सुंदर पिचाई ने कहा कि Google अब 'AI-फर्स्ट' कंपनी है। Gemini 2.5 और इसके अपडेट्स (Pro और Flash) को हर प्रोडक्ट-सर्च, जीमेल, मीट, मैप्स, कैलेंडर में इंटीग्रेट किया जा रहा है।

दैनिक भास्कर 18 Feb 2026 8:24 pm

इंडिया AI इम्पैक्ट समिट में Jio ने रखा 'नेशन-फर्स्ट AI स्टैक' का खाका

Jio AI Stack : इंडिया AI इम्पैक्ट समिट में जियो ने अपने 'नेशन-फर्स्ट AI स्टैक' की रूपरेखा पेश की। कंपनी तकनीकी रूप से इसे 'जियो AI स्टैक' नाम देती है और दावा करती है कि इसे भारत की जरूरतों और बड़े पैमाने की मांग को ध्यान में रखकर विकसित किया जा रहा ...

वेब दुनिया 18 Feb 2026 4:44 pm

निसान ग्रेवाइट ₹5.65 लाख की शुरुआती कीमत पर लॉन्च:7-सीटर कार में 19.6kmpl का माइलेज और 10 साल की वारंटी; रेनो ट्राइबर से मुकाबला

निसान इंडिया ने अपनी नई कॉम्पैक्ट MPV 'ग्रेवाइट' को भारतीय बाजार में लॉन्च कर दिया है। कंपनी ने इसकी शुरुआती कीमत ₹5.65 लाख (एक्स-शोरूम) रखी है। यह कीमत शुरुआती 5 हजार ग्राहकों के लिए लागू होगी। ग्रेवाइट को रेनो ट्राइबर के प्लेटफॉर्म पर ही बनाया गया है। 5 हजार ग्राहकों को 5 साल तक फ्री सर्विस ग्रेवाइट पर 3 साल या 1 लाख किमी की स्टैंडर्ड वारंटी मिलेगी। लेकिन ग्राहक इसे अपनी जरूरत के हिसाब से 10 साल या 2 लाख किलोमीटर तक बढ़वा सकते हैं। पहले 5 हजार ग्राहकों को शुरुआती 5 सालों के लिए 'जीरो सर्विस कॉस्ट' का फायदा मिलेगा। साथ ही, इन ग्राहकों को कार अपग्रेड करने जैसे अन्य बेनेफिट्स भी दिए जाएंगे। इंजन और माइलेज: 19.3 kmpl का दावा निसान ने अपनी नई कार ग्रेवाइट में 1.0-लीटर का 3-सिलेंडर पेट्रोल इंजन दिया गया है। यह 72hp की पावर और 96Nm का टॉर्क जनरेट करता है। कंपनी ने संकेत दिए हैं कि जल्द ही डीलर लेवल पर इसमें 'डुअल-सिलेंडर CNG किट' लगवाने की सुविधा भी मिलेगी। इंटीरियर और सीटिंग: 7 लोगों के बैठने की जगह कार के अंदर 5+2 सीटिंग कॉन्फिगरेशन मिलता है। डैशबोर्ड का लेआउट सरल है। इसमें 8-इंच का टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम और ड्राइवर के लिए 7-इंच का डिजिटल डिस्प्ले दिया गया है। इंटीरियर की कलर स्कीम और ट्रिम्स ट्राइबर से अलग हैं, जिससे यह अंदर से फ्रेश महसूस होती है। इसमें वायरलेस चार्जिंग पैड और कूल्ड ग्लव बॉक्स जैसी सुविधाएं भी दी गई हैं। एक्सटीरियर: ट्राइबर जैसा लुक, लेकिन मॉडर्न टच ग्रेवाइट का बाहरी डिजाइन काफी हद तक ट्राइबर से मिलता-जुलता है, लेकिन निसान ने इसमें कई 'कॉस्मेटिक' बदलाव किए हैं। कार के फ्रंट में नई हनीकॉम्ब पैटर्न वाली ग्रिल और हेडलाइट्स में नए सिग्नेचर वाली DRLs दी गई हैं। इसके बंपर को दोबारा डिजाइन किया गया है। इसमें C-शेप के सिल्वर फिनिश वाले हिस्से मिलते हैं। कार को अलग पहचान देने के लिए इसके बोनट और पीछे के दरवाजे (टेलगेट) पर बड़े अक्षरों में 'GRAVITE' लिखा है। ग्राहक इसे पांच रंगों-फॉरेस्ट ग्रीन, ओनिक्स ब्लैक, ब्लेड सिल्वर, स्नो व्हाइट और मेटालिक ग्रे में खरीद सकते हैं। फीचर्स: सेफ्टी के लिए 6 एयरबैग्स और क्रूज कंट्रोल निसान ने इसमें फीचर्स की लंबी लिस्ट दी है। टॉप मॉडल्स में वायरलेस एपल कारप्ले और एंड्रॉइड ऑटो, पुश-बटन स्टार्ट/स्टॉप, ऑटोमैटिक LED हेडलैंप्स, रेन-सेंसिंग वाइपर्स और टायर प्रेशर मॉनिटरिंग सिस्टम जैसे फीचर्स हैं। सेफ्टी के लिए इसमें 6 एयरबैग्स और रियर पार्किंग सेंसर दिए गए हैं। लॉन्च एडिशन: 1,001 यूनिट्स के लिए खास ऑफर कंपनी ने ग्रेवाइट का एक 'लॉन्च एडिशन' भी पेश किया है। इसकी केवल 1,001 यूनिट्स बेची जाएंगी। इसमें JBL का साउंड सिस्टम, डैशकैम, एम्बिएंट लाइटिंग और एयर प्यूरीफायर जैसे एक्स्ट्रा फीचर्स मिलेंगे। इसकी कीमत 8.35 लाख रुपए से शुरु होगी। नॉलेज बॉक्स 1. प्लेटफॉर्म शेयरिंग' क्या होती है जैसे मारुति और टोयोटा अपनी गाड़ियां शेयर करते हैं, वैसे ही निसान और रेनो ने एक ही ढांचे पर दो अलग दिखने वाली कारें बनाई हैं। इससे गाड़ियों की कीमत कम रखने में मदद मिलती है। 2. 10 साल की वारंटी का गणित मिडिल क्लास परिवार के लिए इसके दो बड़े फायदे हैं…

दैनिक भास्कर 18 Feb 2026 3:27 pm

गलगोटिया यूनिवर्सिटी ने चीनी रोबोटिक डॉग को अपना बताया:AI समिट में 'ओरियन' नाम से पेश किया; बाद में कहा- हमने नहीं बनाया

'इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026' में गलगोटिया यूनिवर्सिटी पर चीनी रोबोटिक डॉग को अपना बताकर पेश करने के आरोप लगे हैं। हालांकि यूनिवर्सिटी का कहना है कि उन्होंने इसे डेवलप करने का दावा कभी नहीं किया, बल्कि यह छात्रों के सीखने के लिए लाया गया एक टूल है। वीडियो वायरल होने के बाद शुरू हुआ विवाद सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो में यूनिवर्सिटी की प्रतिनिधि मीडिया से बातचीत के दौरान रोबोटिक डॉग के फीचर्स समझा रही हैं। वीडियो में इसे 'ओरियन' नाम दिया गया और कहा गया कि इसे यूनिवर्सिटी के 'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस' ने तैयार किया है। इस वीडियो के सामने आने के बाद कई टेक एक्सपर्ट्स और यूजर्स ने दावा किया कि यह असल में चीनी कंपनी 'यूनिट्री' का 'Go2' मॉडल है, जो बाजार में 2-3 लाख रुपए में उपलब्ध है। यूनिवर्सिटी ने माना, हमने नहीं बनाया ये डॉग वीडियो वायरल होने के बाद गलगोटिया यूनिवर्सिटी ने कहा- हमने लगातार कैंपस में बेहतरीन टेक्नोलॉजी लाने की कोशिश की है। क्यों? क्योंकि जब छात्र नई चीजें देखते हैं, तभी उनकी सोच विकसित होती है। और यही सोच नए रचनाकारों को जन्म देती है। हाल ही में यूनिट्री से लिया गया रोबोटिक डॉग इसी सफर का एक हिस्सा है। यह सिर्फ दिखाने के लिए रखी गई कोई मशीन नहीं है, यह एक चलता-फिरता क्लासरूम है। हमारे छात्र इस पर प्रयोग कर रहे हैं, इसकी क्षमताओं को परख रहे हैं और इस प्रक्रिया में अपना ज्ञान बढ़ा रहे हैं। हम यह साफ कर देना चाहते हैं कि गलगोटिया ने यह रोबोटिक डॉग नहीं बनाया है और न ही हमने कभी ऐसा दावा किया है। लेकिन हम ऐसे दिमाग तैयार कर रहे हैं जो जल्द ही भारत में ऐसी ही टेक्नोलॉजी को डिजाइन करेंगे, उनकी इंजीनियरिंग करेंगे और उन्हें यहीं बनाएंगे। इनोवेशन की कोई सीमा नहीं होती। सीखने की भी नहीं होनी चाहिए। हम दुनिया भर से बेहतरीन टेक्नोलॉजी लाना जारी रखेंगे ताकि हमारे छात्र उनका अध्ययन कर सकें, उन्हें चुनौती दे सकें और उनमें सुधार कर सकें और अंत में भारत से दुनिया के लिए वर्ल्ड-क्लास समाधान तैयार कर सकें। एक्स ने यूनिवर्सिटी के दावे को गलत बताया यूनिवर्सिटी के स्पष्टीकरण के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स ने इस पोस्ट पर एक 'कम्युनिटी नोट' जोड़ दिया। इसमें कहा गया कि यूनिवर्सिटी का यह दावा कि उन्होंने इसे अपना नहीं बताया, भ्रामक है। एक्स का कम्युनिटी नोट एक ऐसा फीचर है, जिसमें आम यूजर्स ही किसी भ्रामक पोस्ट पर सही जानकारी और संदर्भ जोड़कर उसे फैक्ट-चेक करते हैं। नॉलेज बॉक्स: क्या है यूनिट्री Go2 रोबोटिक डॉग रोबोटिक डॉग और ह्युमनॉइड रोबोट बनाती है यूनिट्री यूनिट्री चीन की एक मशहूर टेक्नोलॉजी कंपनी है, जो हाई-परफॉर्मेंस वाले रोबोटिक डॉग और ह्युमनॉइड रोबोट बनाने के लिए दुनिया भर में जानी जाती है। यह कंपनी मुख्य रूप से किफायती और एडवांस सेंसर वाली रोबोटिक्स तकनीक विकसित करती है, जिसका इस्तेमाल रिसर्च, एजुकेशन और इंडस्ट्रियल कामों के लिए किया जाता है।

दैनिक भास्कर 18 Feb 2026 8:57 am

दुनियाभर में यूट्यूब की सर्विस डेढ़ घंटे ठप रही:एप खोलने पर 'समथिंग वेंट रॉन्ग' का मैसेज दिखा, रिकमेंडेशन सिस्टम में खराबी आई

दुनिया का सबसे पॉपुलर वीडियो प्लेटफॉर्म यूट्यूब की सर्विस अचानक ठप हो गई। डाउनडिटेक्टर के मुताबिक, दुनियाभर में सुबह करीब 6 बजकर 20 मिनट से लगभग 8 बजे तक लाखों यूजर्स को इसे एक्सेस करने में परेशानी हो रही थी। सबसे ज्यादा दिक्कत इसके मोबाइल एप में आई जहां यूजर्स को समथिंग वेंट रॉन्ग मैसेज दिख रहा था। हालांकि जब इसे दो-तीन बार रिफ्रेश किया तो वीडियोज दिखने लगे थे। लेकिन पूरी तरह से ये काम नहीं कर रहा था। वहीं इसकी वेबसाइट एक्सेस हो रही थी। आउटेज ट्रैकिंग वेबसाइट डाउनडिटेक्टर के मुताबिक अमेरिका में करीब 2.83 लाख लोगों ने यूट्यूब न चलने की शिकायत की। भारत में आज सुबह 7 बजे के करीब डाउनडिटेक्टर पर शिकायतों का आंकड़ा 18 हजार को पार कर गया। यहां 71% यूजर्स एप इस्तेमाल में दिक्कत हुई। यूट्यूब टीम ने कहा- रिकमेंडेशन सिस्टम में खराबी आई यूट्यूब की टीम ने इस आउटेज को लेकर आज सुबह 07:26 मिनट पर एक X पोस्ट में कहा- अगर आपको अभी यूट्यूब चलाने में दिक्कत आ रही है, तो आप अकेले नहीं हैं। हमारी टीमें इस मामले की जांच कर रही हैं और जो भी अपडेट होगा, हम यहां जानकारी देंगे। इसके बाद एक और अपडेट में यूट्यूब ने कहा कि हमारे रिकमेंडेशन सिस्टम में एक खराबी की वजह से यूट्यूब के अलग-अलग प्लेटफॉर्म्स जैसे होमपेज, यूट्यूब एप, यूट्यूब म्यूजिक और यूट्यूब किड्स पर वीडियो नहीं दिख रहे थे। होमपेज अब ठीक हो गया है, लेकिन हम अभी भी इसे पूरी तरह ठीक करने पर काम कर रहे हैं। जल्द ही और जानकारी दी जाएगी! नॉलेज बॉक्स: क्या होता है आउटेज? आउटेज एक ऐसी स्थिति होती है जब कोई सर्विस जैसे इंटरनेट, एप, वेबसाइट अचानक काम करना बंद कर देती है या उपलब्ध नहीं रहती। यह कुछ समय के लिए हो सकता है। जैसे कुछ मिनट से लेकर घंटों तक। इसका कारण सर्वर फेल होना, नेटवर्क समस्या, रखरखाव, मौसम की मार, हार्डवेयर खराबी या ज्यादा लोड पड़ना हो सकता हैं।

दैनिक भास्कर 18 Feb 2026 7:58 am

मारुति की पहली इलेक्ट्रिक कार ई-विटारा लॉन्च, रेंज 543km:लेवल-2 ADAS फीचर के साथ शुरुआती कीमत ₹10.99 लाख, ₹3.99/km रेंट पर खरीद सकेंगे

मारुति सुजुकी ने अपनी पहली इलेक्ट्रिक कार ई-विटारा को भारतीय बाजार में लॉन्च कर दिया है। ई-विटारा 49kWh और 61kWh के दो बैटरी पैक ऑप्शन के साथ आई है। कंपनी का दावा है कि कार एक बर फुल चार्ज करने पर 543 किलोमीटर से ज्यादा चलती है। इलेक्ट्रिक SUV में 360 डिग्री कैमरा, एयरबैग और लेवल-2 एडवांस ड्राइविंग असिस्टेंस सिस्टम (ADAS) जैसे सेफ्टी फीचर्स दिए गए हैं। इसकी शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत ₹10.99 लाख रखी गई है, लेकिन इसमें बैटरी के दाम शामिल नहीं है। इसे मारुति के प्रीमियम नेक्सा शोरूम के जरिए बेचा जाएगा। ₹3.99 प्रति किलोमीटर का रेंट देना होगा, फ्री चार्ज कर सकेंगे ग्राहकों को बैटरी के लिए 'बैटरी-एज-ए-सर्विस' (BaaS) प्रोग्राम के तहत ₹3.99 प्रति किलोमीटर का रेंट देना होगा। कंपनी ने फिलहाल 49kWh बैटरी पैक वाले बेस 'डेल्टा' वैरिएंट की कीमत बताई है, पूरी प्राइस लिस्ट बाद में जारी होगी। कार डेल्टा, जेटा और अल्फा में वैरिएंट्स में मिलेगी। कार की बुकिंग 21 हजार रुपए में शुरू कर दी गई है। इसके साथ ही इसकी डिलीवरी भी शुरू हो गई है। यह कार मार्केट में हुंडई क्रेटा इलेक्ट्रिक और टाटा कर्व EV जैसी गाड़ियों को टक्कर देगी। बैटरी पैक पर 8 साल या 1,60,000 किलोमीटर तक की और गाड़ी पर 3 साल की वारंटी मिलेगी। गाड़ी की वारंटी को 5 साल तक बढ़वाया जा सकता है। इसके साथ घर पर चार्जर लगाने की सुविधा मुफ्त दी जाएगी। साथ ही, मारुति के 'e for me' एप के जरिए एक साल तक फ्री चार्जिंग की सुविधा भी मिलेगी। बैटरी एज ए स​र्विस प्रोग्राम क्या है? बैटरी एज ए स​र्विस (BAAS) एक बैटरी रेंटल प्रोग्राम है। इसके तहत इलेक्ट्रिक कार खरीदने पर उसकी कीमत में बैटरी पैक की कीमत शामिल नहीं होती है। इसकी जगह आपसे बैटरी के इस्तेमाल के हिसाब से पैसे लिए जाएंगे। यानी आप गाड़ी जितने किलोमीटर चलाओगे उस हिसाब से बैटरी की कॉस्ट रेंटल फीस के तौर पर वसूली जाएगी। जहां हर महीने आपको EMI के तौर पर देनी होगी, लेकिन आपको बैटरी चार्ज करने के अलग से पैसे देने होंगे। एक्सटीरियर : LED हेडलैंप और 19-इंच ब्लैक व्हील सुजुकी ई विटारा को नए हार्टेक्ट-ई प्लैटफॉर्म पर डेवलप किया गया है, जिसे कंपनी ने टोयोटा के साथ मिलकर बनाया है। सुजुकी ई विटारा का एक्सटीरियर डिजाइन EVX कॉन्सेप्ट मॉडल की तरह ही है। इसके फ्रंट में पतली LED हेडलाइट और वाई-शेप्ड LED DRL और स्टाइलिश बंपर के साथ इंटीग्रेटेड फॉग लाइट दी गई हैं। बॉडी क्लेडिंग और 19-इंच ब्लैक व्हील के साथ मिड साइज SUV साइड से काफी मस्क्यूलर दिखाई देती है। पिछले गेट पर डोर हैंडल को सी-पिलर पर दिया गया है। इसके अलावा रुफ पर एक इलेक्ट्रिक सनरुफ भी है। ई विटारा के रियर में कॉन्सेप्ट वर्जन की तरह 3-पीस लाइटिंग एलिमेंट वाली कनेक्टेड LED टेल लाइट दी गई है। इंटीरियर : 6 एयरबैग स्टैंडर्ड और इलेक्ट्रॉनिक पार्किंग ब्रेक मिलेंगे ई-विटारा में डुअल-टोन ब्लैक और ऑरेंज केबिन दी गई है। इसमें 2-स्पोक फ्लेट बॉटम स्टीयरिंग व्हील और वर्टिकल ओरिएंटेड AC वेंट्स के चारों ओर क्रोम टच दिया गया है। इसके केबिन का प्रमुख हाइलाइट इंटीग्रेटेड फ्लोटिंग स्क्रीन सेटअप दिया गया है, जिसमें एक इंफोटेनमेंट और दूसरी ड्राइवर डिस्प्ले है। सुजुकी ने ई विटारा के फीचर्स का खुलासा नहीं किया है, लेकिन उम्मीद है मारुति की इलेक्ट्रिक कार में ऑटोमैटिक AC, वेंटिलेटेड फ्रंट सीटें और वायरलेस फोन चार्जर जैसे फीचर दिए जा सकते हैं। वहीं, सुरक्षा के लिए इसमें 6 एयरबैग स्टैंडर्ड, 360 डिग्री कैमरा और इलेक्ट्रॉनिक पार्किंग ब्रेक जैसे सेफ्टी फीचर मिलेंगे। परफॉर्मेंस: बैटरी पैक और रेंज यूरोपियन मार्केट में ई विटारा को दो बैटरी पैक ऑप्शन के साथ पेश किया गया है। इसमें 49kWh और 61kWh का बैटरी पैक ऑप्शन शामिल है। कार में 2 व्हील ड्राइव और 4 व्हील ड्राइव का ऑप्शन भी दिया गया है। 1 लाख चार्जिंग पॉइंट्स का नेटवर्क खड़ा करेगी मारुति ई-विटारा इलेक्ट्रिक को पिछले साल रिवील किया गया था कंपनी ने ईवी को पिछले साल जनवरी में हुए भारत ग्लोबल मोबिलिटी एक्सपो-2025 में रिवील किया था। इससे पहले मारुति की पेरेंट कंपनी सुजुकी मोटर कॉर्पोरेशन ने पिछले साल अक्टूबर में इटली के मिलान में हुए मोटर शो EICMA-2024 में ई-विटारा को ग्लोबल मार्केट में रिवील किया था। मिड साइज इलेक्ट्रिक एसयूवी EVX का प्रोडक्शन वर्जन है, जिसे पहली बार ऑटो एक्सपो-2023 में पेश किया गया था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 26 अगस्त 2025 को गुजरात के हंसलपुर में ई-विटारा को एक्सपोर्ट के लिए फ्लैग-ऑफ किया था। ये पूरी तरह से मेड-इन-इंडिया इलेक्ट्रिक कार है और इसे 100 से ज्यादा देशों, जैसे यूरोप और जापान में निर्यात किया जाएगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 26 अगस्त 2025 को गुजरात के हंसलपुर में ई-विटारा को एक्सपोर्ट के लिए फ्लैग-ऑफ किया था। ये पूरी तरह से मेड-इन-इंडिया इलेक्ट्रिक कार है और इसे 100 से ज्यादा देशों, जैसे यूरोप और जापान में निर्यात किया जाएगा।

दैनिक भास्कर 17 Feb 2026 4:53 pm

जीप मेरिडियन ट्रैक एडिशन लॉन्च, शुरुआती कीमत ₹35.95 लाख:प्रीमियम SUV में 4x4 ऑप्शन के साथ वेंटिलेटेड सीट्स, लेवल-2 ADAS जैसे सेफ्टी फीचर

जीप इंडिया ने अपनी पॉपुलर 7-सीटर प्रीमियम SUV मेरिडियन का स्पेशल ट्रैक एडिशन भारत में लॉन्च किया है। यह एक लिमिटेड-रन मॉडल है, जिसे मेरिडियन के टॉप-स्पेक 'ओवरलैंड' ट्रिम पर तैयार किया गया है। कंपनी ने इसमें कई कॉस्मेटिक बदलाव किए हैं, जो इसे स्टैंडर्ड मॉडल के मुकाबले ज्यादा स्पोर्टी और प्रीमियम लुक देते हैं। कार में वेंटिलेटेड सीट्स, पैनोरमिक सनरूफ, 10.1 इंच की स्क्रीन और सेफ्टी के लिए लेवल-2 ADAS जैसे सेफ्टी फीचर्स दिए गए हैं। इस स्पेशल एडिशन को 4x2 और 4x4 दोनों वैरिएंट्स में उतारा गया है। जीप मेरिडियन का मुकाबला टोयोटा फॉर्च्यूनर, स्कोडा कोडिएक, MG ग्लोस्टर और एमजी मेजेस्टर से है। कीमत और बुकिंग: स्टैंडर्ड मॉडल से ₹34,000 महंगा जीप मेरिडियन ट्रैक एडिशन के 4x2 ऑटोमैटिक वैरिएंट की कीमत ₹35.95 लाख है, जबकि इसके 4x4 ऑटोमैटिक वैरिएंट की कीमत ₹37.82 लाख (एक्स-शोरूम) रखी गई है। यह अपने बेस मॉडल ओवरलैंड से करीब ₹34,000 महंगा है। कंपनी ने इसकी बुकिंग डीलरशिप और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर शुरू कर दी है। आपको एक्स-शोरूम कीमत के अलावा 9,200 रुपए का AXS पैक भी लेना होगा।

दैनिक भास्कर 17 Feb 2026 4:19 pm

जियो आरोग्य AI से मिनटों में हेल्थ स्क्रीनिंग, AI क्लिनिक मॉडल पेश

Jio Arogya AI Enabled : इंडिया AI इम्पैक्ट समिट में जियो पैवेलियन पर प्रदर्शित 'जियो आरोग्य AI' ने प्राइमरी हेल्थकेयर के क्षेत्र में AI आधारित क्लिनिक मॉडल पेश किया है। यह AI पावर्ड सिस्टम कुछ ही मिनटों में मरीज के अहम हेल्थ पैरामीटर्स की स्क्रीनिंग ...

वेब दुनिया 17 Feb 2026 3:29 pm

AI समिट में भीड़ और अव्यवस्था से डेलीगेट्स परेशान:सामान चोरी हुआ, घंटों कतार में खड़े रहे; आईटी मिनिस्टर वैष्णव ने माफी मांगी

दिल्ली के भारत मंडपम में दुनिया के सबसे बड़े टेक इवेंट में से एक 'AI इम्पैक्ट समिट 2026' चल रहा है। इसके पहले दिन 16 फरवरी को हुई अव्यवस्थाओं पर केंद्र सरकार ने माफी मांगी है। पहले दिन हजारों की संख्या में स्टार्टअप फाउंडर्स, टेक एक्सपर्ट्स और विदेशी डेलीगेट्स पहुंचे थे। भारी भीड़ और कड़ी सुरक्षा के कारण एंट्री पॉइंट्स पर लंबी कतारें लग गईं। ग्लोबल टेक कंपनियों के प्रतिनिधि और डेलीगेट्स को घंटों इंतजार करना पड़ा। कुछ के सामान भी चोरी हुए। 70 हजार से ज्यादा लोग पहुंचे, भीड़ से बिगड़े हालात केंद्रीय आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज 17 फरवरी को कहा कि यह दुनिया की सबसे बड़ी AI समिट है। पहले दिन ही 70 हजार से ज्यादा लोग कार्यक्रम में पहुंचे। अब इंतजाम ठीक हैं, लेकिन अगर कल किसी को परेशानी हुई तो हम उसके लिए माफी मांगते हैं। उन्होंने कहा कि सरकार सुझावों के लिए तैयार है और अनुभव को बेहतर बनाने के लिए एक 'वॉर रूम' बनाया गया है जो चौबीसों घंटे काम कर रहा है। 'वॉर रूम' एक ऐसा कंट्रोल सेंटर होता है जहां से पूरे वेन्यू की रियल-टाइम मॉनिटरिंग की जाती है। फाउंडर का दावा- सुरक्षा घेरे के बीच चोरी हुए वियरेबल्स कनेक्टिविटी और खराब कम्युनिकेशन पर भी उठे सवाल रिस्किल के फाउंडर पुनीत जैन और एंटरप्रेन्योर प्रियांशु रत्नाकर ने मैनेजमेंट पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पैची वाई-फाई, मोबाइल नेटवर्क की समस्या और रजिस्ट्रेशन में बार-बार हो रही दिक्कतों ने अनुभव खराब किया। फाउंडर्स का कहना था कि VIP मूवमेंट की वजह से उन लोगों को घंटों बाहर खड़ा रखा गया जो देश का AI भविष्य बना रहे हैं। कांग्रेस बोली- मोदी की 'रील' के चक्कर में देश की इमेज बर्बाद समिट में हुई अव्यवस्ता पर कांग्रेस ने एक पोस्ट किया है। इसमें लिखा- दिल्ली में AI समिट हो रहा है, लेकिन वहां के हालात बहुत ही भयानक हैं। समिट में मिस-मैनेजमेंट से फाउंडर्स और एग्जिबिटर्स बेहद परेशान हैं। उनका कहना है कि PM मोदी के आने के लिए मेन हॉल खाली करा दिया गया और एग्जिबिटर्स को उनके ही पेड स्टॉल्स से निकाल दिया गया। इसके अलावा समिट में लोगों को कई दिक्कतें झेलनी पड़ीं, जैसे: ये सब इसलिए हुआ क्योंकि AI समिट के पहले ही दिन नरेंद्र मोदी अपने लाव-लश्कर के साथ वहां फोटो खिंचवाने और रील बनवाने पहुंच गए। ये दिखाता है कि मोदी को सिर्फ अपनी छवि चमकाने से मतलब है। विश्व स्तर पर देश की इमेज बर्बाद होने से उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता। मंडपम में 4 हजार कैमरे और 15 हजार जवान तैनात भारत मंडपम में चल रहे 'इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026' में संदिग्धों पर नजर रखने के लिए 4 हजार से ज्यादा AI-इनेबल्ड कैमरे और 15 हजार से ज्यादा सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं... PM मोदी ने समिट का उद्घाटन किया था प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 16 फरवरी को दुनिया के सबसे बड़े टेक्नोलॉजी इवेंट में से एक 'इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026' का औपचारिक उद्घाटन किया था। ये इवेंट 20 फरवरी तक नई दिल्ली के भारत मंडपम में चलेगा। यहां AI एक्सपो का भी आयोजन किया गया है। एक्सपो में दुनियाभर की कंपनियों ने अपने लेटेस्ट AI सॉल्यूशंस पेश किए हैं। यहां आम लोग देख सकेंगे कि एआई असल जिंदगी में कैसे काम करता है और भविष्य में AI से खेती, सेहत और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में क्या बदलाव लाने वाला है। सुंदर पिचाई, सैम ऑल्टमैन जैसे टेक दिग्गज इवेंट में शामिल हो रहे हैं। …………………………… ये खबर भी पढ़े… 1. इंडिया AI समिट में शामिल होंगे बिल गेट्स:फाउंडेशन बोला- निमंत्रण रद्द होने की खबरें गलत, तय शेड्यूल के हिसाब से ही कार्यक्रम होगा माइक्रोसॉफ्ट के को-फाउंडर बिल गेट्स के 'इंडिया AI इम्पैक्ट समिट' में शामिल होने को लेकर बनी असमंजस की स्थिति अब साफ हो गई है। गेट्स फाउंडेशन के प्रवक्ता के अनुसार, बिल गेट्स तय कार्यक्रम के मुताबिक समिट में हिस्सा लेंगे और अपना कीनोट एड्रेस देंगे। पूरी खबर पढ़े…. 2. PM मोदी ने AI इम्पैक्ट समिट का उद्घाटन किया, जियो इंटेलिजेंस जैसे AI मॉडल्स को जाना भारत में आज 16 फरवरी से दुनिया के सबसे बड़े टेक्नोलॉजी इवेंट में से एक 'इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026' शुरू हो गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसका औपचारिक उद्घाटन किया। इसके बाद उन्होंने इवेंट में शामिल हुए स्‍टार्टअप्‍स के पवेलियंस में जाकर उनके इनोवेशंस की जानकारी ली। पूरा खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 17 Feb 2026 3:25 pm

एपल ला रहा ₹70 हजार वाला सबसे सस्ता मैकबुक:बजट सेगमेंट में नया फोन लॉन्च होने की भी उम्मीद; 4 मार्च को न्यूयॉर्क में इवेंट

एपल ने साल 2026 के अपने पहले बड़े इवेंट की घोषणा कर दी है। इसमें कंपनी अपना अब तक का सबसे सस्ता मैकबुक, नया बजट आईफोन 17e और नया आईपैड पेश कर सकती है। यह इवेंट 4 मार्च को भारतीय समयानुसार शाम करीब 7:30 बजे शुरू होगा। 1. सबसे सस्ता मैकबुक: आईफोन वाली चिप और ब्राइट कलर्स रिपोर्ट्स के मुताबिक, एपल पहली बार मैकबुक में अपनी 'M' सीरीज की जगह आईफोन में इस्तेमाल होने वाली 'A' सीरीज चिप दे सकता है। इसे खासतौर पर स्टूडेंट्स और ऑफिस यूजर्स के लिए तैयार किया गया है। इसकी कीमत 70 से 80 हजार रुपए के बीच हो सकती है। कंपनी ने न्यूयॉर्क में हो रहे इस इवेंट के जो इन्विटेशन कार्ड भेजे हैं उसमें एपल का लोगो पीले, हरे और नीले रंग में रखा है। इससे कयास हैं कि नया लैपटॉप कई ब्राइट कलर्स में आएगा। 2. आईफोन 17e: बजट सेगमेंट में नया फोन लॉन्च होने की उम्मीद एपल अपने बजट आईफोन लाइनअप में आईफोन 17e लॉन्च कर सकती है। इसमें आईफोन 17 वाली ही A19 चिप मिलने की उम्मीद है, जो पुराने मॉडल के मुकाबले काफी तेज होगी। 3. नए आईपैड और डिस्प्ले: M4 चिप के साथ पेश होने की उम्मीद आईपैड लवर्स के लिए भी इस इवेंट में काफी कुछ हो सकता है। कंपनी आईपैड एयर को M4 चिप के साथ अपडेट कर सकती है। इसके अलावा 12वीं जनरेशन का बेस मॉडल आईपैड भी पेश किया जा सकता है, जिसमें पहली बार 'एपल इंटेलिजेंस' (AI) का सपोर्ट मिलने की उम्मीद है। साथ ही काफी समय से पेंडिंग 'स्टूडियो डिस्प्ले' का नया वर्जन भी पेश हो सकता है। 4. एपल इंटेलिजेंस: सिरी पहले से कहीं ज्यादा स्मार्ट होगी कंपनी सिरी के नए AI अवतार की झलक दिखा सकती है। ये ज्यादा स्मार्ट होगी और यूजर्स के सवालों के बेहतर जवाब दे पाएगी। एपल इसे अपनी 'एप्पल इंटेलिजेंस' सर्विस के तहत प्रमोट कर रहा है, जो आईफोन और मैक के इस्तेमाल को काफी आसान बना देगा। न्यूयॉर्क, लंदन और शंघाई में एक साथ इवेंट एपल ने इस बार इवेंट का फॉरमेट थोड़ा अलग रखा है। न्यूयॉर्क के मुख्य इवेंट के साथ-साथ लंदन और शंघाई में भी प्रेस के लिए प्रोग्राम रखे गए हैं। इसे 'इवेंट' की जगह 'एक्सपीरियंस' नाम दिया है। यानी वहां मौजूद लोग तुरंत नए गैजेट्स को टेस्ट कर सकेंगे। नॉलेज बॉक्स: क्या आप जानते हैं? एपल का न्यूयॉर्क कनेक्शन: एपल ने अपना पहला रिटेल स्टोर न्यूयॉर्क के फिफ्थ एवेन्यू में खोला था, जो आज दुनिया के सबसे मशहूर स्टोर्स में से एक है। A-सीरीज बनाम M-सीरीज: लैपटॉप में आईफोन वाली चिप लगाने से बैटरी लाइफ तो बढ़ती है, लेकिन बहुत भारी काम (जैसे 4K वीडियो एडिटिंग) में यह M-सीरीज जितनी पावरफुल नहीं।

दैनिक भास्कर 17 Feb 2026 11:04 am

गूगल पिक्सल 10a स्मार्टफोन टेंसर G4 प्रोसेसर के साथ आएगा:5100mAh और 7 साल तक सॉफ्टवेयर अपडेट्स मिलेंगे, 18 फरवरी को लॉन्च होगा

टेक कंपनी गूगल 18 फरवरी को अपना सबसे सस्ता स्मार्टफोन पिक्सल 10a भारत में लॉन्च करने की तैयारी कर रही है। हालांकि लॉन्च से पहले ही फोन के लगभग सभी फीचर्स और स्पेसिफिकेशंस ऑनलाइन लीक हो गए हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस बार कंपनी का फोकस डिजाइन में बड़े बदलाव के बजाय हार्डवेयर और बैटरी को और बेहतर बनाने पर है। फोन में 48MP कैमरा और 5100mAh की बैटरी मिलेगी। इसके अलावा, फोन के साथ 7 साल तक सॉफ्टवेयर अपडेट्स मिलेंगे। 53,600 रुपए हो सकती है शुरुआती कीमत रिपोर्ट्स के अनुसार, यूरोप में गूगल पिक्सल 10a की शुरुआती कीमत €499 (लगभग 53,600 रुपए) हो सकती है। खास बात यह है कि लॉन्च ऑफर के तहत कंपनी इसके 256GB वैरिएंट को भी शुरुआत में इसी कीमत पर पेश कर सकती है, जबकि इसकी रेगुलर प्राइस लगभग 64,343 रुपए रहने की उम्मीद है। यह फोन ऑब्सीडियन, फॉग, लैवेंडर और बेरी जैसे चार आकर्षक रंगों में आ सकता है। डिजाइन: पिछले मॉडल जैसी झलक, पर ज्यादा मजबूत डिजाइन की बात करें तो पिक्सल 10a काफी हद तक अपने पिछले मॉडल जैसा ही दिखेगा। इसमें गूगल का सिग्नेचर कैमरा बार सेटअप मिलेगा। फोन में प्रीमियम फिनिश के साथ IP68 रेटिंग दी जा सकती है, जो इसे धूल और पानी से सेफ रखेगी। सामने पतले बेजल्स के साथ डिस्प्ले के टॉप सेंटर में सेल्फी कैमरे के लिए पंच-होल कटआउट होगा। स्क्रीन की सुरक्षा के लिए इसमें कॉर्निंग गोरिल्ला ग्लास 7i का इस्तेमाल किया गया है, जो पहले से ज्यादा ड्यूरेबिलिटी ऑफर करेगा। स्पेसिफिकेशंस: पावरफुल प्रोसेसर और 7 साल का अपडेट डिस्प्ले: फोन में 6.3 इंच का OLED डिस्प्ले मिल सकता है, जो 120Hz रिफ्रेश रेट और 2424 x 1080 पिक्सल रेजोल्यूशन सपोर्ट करेगा। प्रोसेसर: इसमें गूगल का लेटेस्ट Tensor G4 चिपसेट दिया जाएगा, जो Titan M2 सिक्योरिटी चिप के साथ आएगा। यह कॉम्बिनेशन एआई प्रोसेसिंग को फास्ट और फोन को ज्यादा सुरक्षित बनाएगा। सॉफ्टवेयर: यह फोन Android 16 के साथ लॉन्च होने वाला दुनिया के शुरुआती स्मार्टफोन्स में से एक हो सकता है। कंपनी इस पर 7 साल तक सॉफ्टवेयर और सिक्योरिटी अपडेट्स देने का वादा कर सकती है। मेमोरी: इसमें 8GB LPDDR5X रैम और 128GB/256GB (UFS 3.1) स्टोरेज के विकल्प मिलेंगे। कैमरा: OIS के साथ 48 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमराफोटोग्राफी के लिए इसके बैक पैनल पर डुअल कैमरा सेटअप होगा। इसमें 48 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा दिया जा सकता है, जो डुअल-पिक्सल ऑटोफोकस और ऑप्टिकल इमेज स्टेबिलाइजेशन (OIS) के साथ आएगा। इसके साथ 13 मेगापिक्सल का अल्ट्रावाइड लेंस (120 डिग्री व्यू) होगा। सेल्फी और वीडियो कॉलिंग के लिए फोन में 13 मेगापिक्सल का फ्रंट कैमरा मिलने की उम्मीद है। बैटरी और चार्जिंग: पहली बार बड़ी बैटरी का सपोर्टपावर बैकअप के लिए गूगल पिक्सल 10a में 5100mAh की बैटरी दी जा सकती है। इसे तेजी से चार्ज करने के लिए 45W फास्ट वायर्ड चार्जिंग का सपोर्ट मिलेगा। इसके अलावा, फोन में वायरलेस चार्जिंग की सुविधा भी दी जाएगी।

दैनिक भास्कर 16 Feb 2026 8:51 pm

India AI Impact Summit : PM मोदी ने किया Jio Pavilion का दौरा, आकाश अंबानी ने दिखाया AI इकोसिस्टम

इंडिया आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस इम्पैक्ट समिट के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जियो के AI पवेलियन का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने जियो द्वारा विकसित विभिन्न AI आधारित मॉडलों और समाधानों की जानकारी ली। प्रधानमंत्री ने जियो इंटेलिजेंस, जियो ...

वेब दुनिया 16 Feb 2026 7:37 pm

दुनियाभर में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X 2 घंटे डाउन रहा:एप और वेब दोनों जगह नहीं चला; 1 महीने में दूसरी बार सर्विस ठप हुई

इलॉन मस्क के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पहले ट्विटर) की सर्विस आज (16 फरवरी) को दुनियाभर में 2 घंटे ठप रहीं। हजारों यूजर्स फीड एक्सेस नहीं कर पाने और ब्लैंक स्क्रीन दिखने की शिकायत की। हालांकि यह बीच में कुछ समय के लिए फिर से चालू और बंद होता रहा। आउटेज को ट्रैक करने वाली वेबसाइट 'डाउनडिटेक्टर' पर शाम 6.30 से 8.30 बजे तक 45,000 से ज्यादा लोगों ने शिकायतें की। हालांकि फिर सर्विस बहाल हो गई। इस दौरान यूजर्स का कहना था कि वे न तो अपनी टाइमलाइन देख पा रहे थे और न ही नई पोस्ट कर पा रहे थे। X की सर्विस 1 महीने में दूसरी बार ठप हुई है। इससे पहले 16 जनवरी को भी भारत,अमेरिका, ब्रिटेन और कनाडा समेत कई देशों में हजारों यूजर्स को एक्सेस करने में परेशानी हुई थी। 49% यूजर्स वेबसाइट नहीं चला पा रहे थे डाउनडिटेक्टर के मुताबिक, दुनियाभर में X के 49% यूजर्स वेबसाइट नहीं चला पा रहे थे। वहीं,41% लोगों को एप इस्तेमाल करने में परेशानी हो रही है और करीब 10% ने बताया कि टाइमलाइन लोड करने में दिक्कत हुई। एप और वेब दोनों पर लोडिंग की समस्या, ग्रोक AI भी बंद रहा इस आउटेज का असर मोबाइल एप्लिकेशन और डेस्कटॉप वर्जन दोनों पर देखा गया। यूजर्स ने बताया कि एप खोलने पर उन्हें सिर्फ ब्लैंक स्क्रीन दिखी। इसके साथ ही मस्क की कंपनी xAI का चैटबॉट 'ग्रोक' भी काम नहीं कर रहा था। यूजर्स के रिफ्रेश करने पर पुरानी पोस्ट गायब हो रहीं और कोई नया डेटा लोड नहीं हो रहा था। X की ओर से अब तक कोई आधिकारिक बयान नहीं इलॉन मस्क या X की सपोर्ट टीम ने अभी तक इस आउटेज की वजह या इसके ठीक होने के समय को लेकर कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी है। आमतौर पर X ऐसे मामलों में आंतरिक रूप से पैच अपडेट जारी करता है, जिसके बाद सर्विस धीरे-धीरे बहाल होती है। बार-बार होने वाले इन तकनीकी हादसों ने प्लेटफॉर्म की स्थिरता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। X के 4 आउटेज इलॉन मस्क ने 2022 में खरीदा था X 27 अक्टूबर 2022 को इलॉन मस्क ने ट्विटर (अब X) खरीदा था। ये डील 44 बिलियन डॉलर में हुई थी। आज के हिसाब से ये रकम करीब 3.84 लाख करोड़ रुपए होती है। मस्क ने सबसे पहले कंपनी के चार टॉप ऑफिशियल्स CEO पराग अग्रवाल, फाइनेंस चीफ नेड सेगल, लीगल एग्जीक्यूटिव विजया गड्डे और सीन एडगेट को निकाला था। 5 जून 2023 को लिंडा याकारिनो ने X के CEO के तौर पर जॉइन किया था। इससे पहले वो NBC यूनिवर्सल में ग्लोबल एडवर्टाइजिंग एंड पार्टनरशिप की चेयरमैन थीं। ---------------------- ये खबर भी पढ़ें… रेलवे टिकट बुकिंग वेबसाइट और एप फिर से डाउन: छठ पर्व पर हजारों यात्री परेशान; तत्काल टिकट बुक नहीं कर पाए छठ पर्व के पहले दिन आज यानी, 25 अक्टूबर को IRCTC की वेबसाइट और एप डाउन हो गए। लोगों को सुबह 10 बजे से रेल टिकट बुक करने में परेशानी हो रही है। इससे पहले दिवाली पर भी IRCTC की वेबसाइट और एप डाउन हो चुके हैं। आउटेज ट्रैकिंग प्लेटफॉर्म डाउन डिटेक्टर के मुताबिक सुबह 9:00 बजे से लोगों ने साइट और एप डाउन होने की शिकायत दर्ज करानी शुरू कर दी थी। सुबह 10 बजे करीब 180 लोगों ने इसे रिपोर्ट किया था। सोशल मीडिया पर भी लोग वेबसाइट डाउन होने की शिकायत करते रहे। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 16 Feb 2026 7:31 pm

निसान की नई सब-4 मीटर MPV 'ग्रेवाइट' कल लॉन्च होगी:7-सीटर कार में 360° कैमरा जैसे सेफ्टी फीचर मिलेंगे, किआ कैरेंस को टक्कर देगी

निसान मोटर इंडिया कल 17 फरवरी को सब-4 मीटर सेगमेंट में नई कार ग्रेवाइट लॉन्च करने जा रही है। कंपनी की नई 7-सीटर मल्टी पर्पस व्हीकल (MPV) भारत में रेनो ट्राइबर, मारुति अर्टिगा, मारुति XL6, किआ कैरेंस और किआ कैरेंस क्लाविस को टक्कर देगी। निसान ने नई MPV का फर्स्ट लुक (18 जनवरी) रिवील किया था। ये रेनो ट्राइबर के प्लेटफॉर्म पर बेस्ड है और भारत में डेवलप की गई है। कार में डिजिटल क्लस्टर और सेफ्टी के लिए 360 डिग्री कैमरा जैसे फीचर्स मिल सकते हैं। ये बजट 7-सीटर MPV सेगमेंट में निसान की नई एंट्री है। ये रेनो ट्राइबर की तरह बजट फैमिली कार होगी और इसकी एक्स-शोरूम कीमत 6 से 9 लाख रुपए के बीच हो सकती है। बुकिंग की जानकारी फिलहाल नहीं आई हैं। ट्राइबर की तरह सब-4 मीटर साइज में 7 सीट्स ग्रेवाइट की सबसे बड़ी खासियत इसका सब-4 मीटर साइज है, जिसमें 7 सीट्स के साथ फ्लेक्सिबल सीटिंग मिलेगी। थर्ड रो सीट्स रिमूवेबल होंगी, जिससे बूट स्पेस ज्यादा हो जाएगा। ये शहर में आसानी से चलने वाली और फैमिली यूज के लिए प्रैक्टिकल MPV होगी। रेनो ट्राइबर की तरह मॉड्यूलर सीटिंग सेटअप मिलेगा। एक्सटीरियर डिजाइन: स्लिम LED DRLs के साथ हनीकॉम्ब ग्रिल कार का डिजाइन कंपनी की अपकमिंग SUV टेक्टॉन की तरह होगा। इसके फ्रंट में हनीकॉम्ब डिजाइन वाली बोल्ड ग्रिल मिलेगी, जिसके बीच में निसान का लोगो है। वहीं बोनट पर ग्रेवाइट की बैजिंग दी गई है। स्लिम LED DRLs लाइट बार से कनेक्टेड हैं और हेडलैंप्स नए डिजाइन के साथ आएंगे। साइड प्रोफाइल में रूफ रेल्स, पुल टाइप डोर हैंडल्स और डुअल-टोन अलॉय व्हील्स दिखेंगे। सिल्हूट ट्राइबर जैसा ही है, लेकिन निसान स्टाइलिंग से अलग लुक मिलेगा। रियर में डिसकनेक्टेड टेल लाइट्स हैं, जिन्हें थिन क्रोम स्ट्रिप जोड़ेगी। टेलगेट पर GRAVITE लेटरिंग और सिंपल बंपर में C-शेप एलिमेंट होगा। कुल मिलाकर मॉडर्न और बोल्ड डिजाइन है। डायमेंशन सब-4 मीटर रखी गई है, कलर ऑप्शन की डिटेल लॉन्च पर आएगी। इंटीरियर: ट्राइबर से इंस्पायर्ड केबिन डिजाइन इंटीरियर ट्राइबर से इंस्पायर्ड होगा, लेकिन निसान के अपने कलर थीम और अपहोल्स्ट्री मिलेगी। डैशबोर्ड बेसिक लेआउट वाला होगा। स्टीयरिंग व्हील और सीट्स कॉम्फी होंगी। थर्ड रो तक AC वेंट्स दिए गए हैं। पैनोरमिक सनरूफ की उम्मीद कम है, लेकिन मैनुअल AC और अच्छा स्पेस मिलेगा। फुल इंटीरियर डिटेल अभी अनवील नहीं हुई है। परफॉरमेंस: 1.0 लीटर का 3 सिलेंडर नेचुरली एस्पिरेटेड पेट्रोल इंजन कार में परफॉर्मेंस के लिए 1.0 लीटर का 3 सिलेंडर नेचुरली एस्पिरेटेड पेट्रोल इंजन मिलेगा, जो 72PS की पावर और 96Nm का टॉर्क जनरेट करता है। ट्रांसमिशन के लिए 5-स्पीड मैनुअल या 5-स्पीड AMT गियरबॉक्स ऑप्शनल होंगे। माइलेज की डिटेल लॉन्च पर आएगी, लेकिन ट्राइबर जैसी अच्छी फ्यूल एफिशिएंसी मिलने की उम्मीद है। बाद में CNG ऑप्शन भी आ सकता है। टर्बो पेट्रोल की संभावना कम है। फीचर्स: 8-इंच टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम कंफर्ट और कन्वीनियंस में 8-इंच टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम मिलेगा, जो एंड्रॉएड ऑटो और एपल कार प्ले सपोर्ट करेगा। 7-इंच सेमी-डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर, वायरलेस फोन चार्जर, पुश बटन स्टार्ट-स्टॉप, कूल्ड स्टोरेज और सेकंड रो में स्लाइड-रिक्लाइन सीट्स जैसे फीचर्स आएंगे। रियर पैसेंजर्स के लिए AC वेंट्स और 6-स्पीकर साउंड सिस्टम भी होगा। कुल मिलाकर प्रैक्टिकल फीचर्स की लिस्ट अच्छी है। सेफ्टी फीचर्स: 6 एयरबैग्स​​​​​​​ और टायर प्रेशर मॉनिटरिंग सिस्टम ​​​​​​​ सेफ्टी में 6 एयरबैग्स, इलेक्ट्रॉनिक स्टेबिलिटी कंट्रोल (ESC), हिल स्टार्ट असिस्ट, टायर प्रेशर मॉनिटरिंग सिस्टम (TPMS), फ्रंट-रियर पार्किंग सेंसर्स और रियर पार्किंग कैमरा जैसे फीचर्स मिलेंगे। ये सेगमेंट में अच्छी सेफ्टी पैकेज देगी।

दैनिक भास्कर 16 Feb 2026 1:23 pm

भारत में AI इम्पैक्ट समिट 2026 शुरू:सुंदर पिचाई, बिल गेट्स समेत 100 ग्लोबल CEO शामिल होंगे; 300 कंपनियां दिखाएंगी फ्यूचर AI गैजेट्स

भारत में आज से दुनिया के सबसे बड़ा टेक्नोलॉजी इवेंट 'इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026' शुरू होने जा रहा है। ये इवेंट 16 से 20 फरवरी तक नई दिल्ली के भारत मंडपम में होगा। इवेंट में 30 से ज्यादा देशों की 300+ कंपनियां अपने एआई गैजेट्स और तकनीक दिखाएंगी। यहां आम लोग देख सकेंगे कि एआई असल जिंदगी में कैसे काम करता है और भविष्य में AI से खेती, सेहत और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में क्या बदलाव लाने वाला है। समिट में फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और बिल गेट्स समेत 20 से ज्यादा राष्ट्राध्यक्ष और 100 से अधिक ग्लोबल सीईओ शामिल होंगे। सुंदर पिचाई से लेकर सैम ऑल्टमैन तक शामिल होंगे इस इवेंट में दुनिया की सबसे बड़ी कंपनियों के प्रमुख शामिल हो रहे हैं। गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई, ओपनएआई) के सैम ऑल्टमैन, एनवीडिया के जेन्सेन हुआंग और माइक्रोसॉफ्ट-गूगल के अन्य बड़े नाम इसमें हिस्सा लेंगे। इन ग्लोबल नामों के साथ भारत के बड़े बिजनेसमैन भी मंच साझा करेंगे। रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी, टाटा संस के एन. चंद्रशेखरन, इंफोसिस के नंदन नीलेकणि, भारती एंटरप्राइजेज के सुनील भारती मित्तल, टीसीएस के सीईओ के. कृतिवासन और एचसीएल टेक की रोशनी नादर मल्होत्रा भी शामिल होंगी। PM मोदी के व्यक्तिगत निमंत्रण पर आ रहे 20 देशों के राष्ट्राध्यक्ष इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट में सिर्फ टेक लीडर्स ही नहीं, बल्कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के व्यक्तिगत निमंत्रण पर दुनिया के कई ताकतवर देशों के नेता भी दिल्ली पहुंच रहे हैं। इसमें फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों, यूएई के क्राउन प्रिंस शेख खालिद बिन मोहम्मद, ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा और स्पेन के राष्ट्रपति पेड्रो सांचेज शामिल हैं। इसके अलावा भूटान, श्रीलंका, नीदरलैंड, स्विट्जरलैंड और मॉरीशस जैसे देशों के प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति भी इस चर्चा का हिस्सा बनेंगे। कुल 45 से ज्यादा देशों के मंत्री स्तर के प्रतिनिधिमंडल और संयुक्त राष्ट्र (UN) के वरिष्ठ अधिकारी भी इस दौरान भारत में होंगे। 19 फरवरी को शामिल होंगे पीएम मोदी 16 फरवरी (सोमवार): समिट के पहले दिन की शुरुआत एक्सपर्ट्स और पॉलिसी मेकर्स के बीच 'राउंडटेबल' चर्चाओं से होगी।इसी दिन 'इंडिया एआई एक्सपो' का उद्घाटन होगा, जहां स्टार्टअप्स और इनोवेशन का प्रदर्शन किया जाएगा। यहां 300 से ज्यादा भारतीय और विदेशी स्टार्टअप्स अपने ऐसे गैजेट्स दिखाएंगे जो एआई की मदद से चलते हैं। 17 फरवरी (मंगलवार): दूसरे दिन का पूरा फोकस उन क्षेत्रों पर होगा जिनका आम आदमी की जिंदगी से सीधा संबंध है। सरकार खेती, सेहत, शिक्षा,एनर्जी, जेंडर एम्पावरमेंट और दिव्यांगों की मदद के लिए 6 विशेष रिसर्च बुक्स लॉन्च करेगी। ये किताबें बताएंगी कि कैसे एआई की मदद से इन क्षेत्रों में बड़े बदलाव लाए जा सकते हैं। 18 फरवरी (बुधवार): दुनिया के टॉप वैज्ञानिक, रिसर्चर और थिंक टैंक अपनी 'कटिंग-एज' रिसर्च दुनिया के सामने रखेंगे। टेक कंपनियां और स्टार्टअप्स डेमो देकर दिखाएंगे कि उनकी एआई तकनीक असल में कैसे काम करती है और भविष्य की मशीनें कैसी होंगी। 19 फरवरी (गुरुवार): पीएम मोदी आधिकारिक तौर पर उद्घाटन समारोह को संबोधित करेंगे। सुंदर पिचाई , सैम ऑल्टमैन और बिल गेट्स जैसे 100 से ज्यादा ग्लोबल दिग्गज पीएम मोदी के साथ एक मेज पर बैठेंगे। इसमें भारत में एआई सेक्टर में बड़े निवेश और रणनीतिक पार्टनरशिप पर अहम फैसले होंगे। 20 फरवरी (शुक्रवार): GPAI काउंसिल की मीटिंग होगी। सदस्य देशों के प्रतिनिधि एक साथ बैठेंगे ताकि एआई को सुरक्षित और भरोसेमंद बनाया जा सके। विदेश मंत्रालय के वीडियो में देखिए समिट की जानकारी आम लोगों के लिए समिट में ये 5 चीजें होंगी खास AI इम्पैक्ट एक्सपो: 70,000 वर्ग मीटर से ज्यादा बड़े एरिया में एक मेगा प्रदर्शनी लगेगी। इसमें 30 से ज्यादा देशों की 300+ कंपनियां अपने एआई गैजेट्स और तकनीक दिखाएंगी। आम लोग देख सकेंगे कि एआई असल जिंदगी में कैसे काम करता है। एजुकेशन और स्किलिंग: छात्रों और युवाओं के लिए 'YUVAi' और 'AI for ALL' जैसे प्रोग्राम होंगे। इसके जरिए लोग यह सीख सकेंगे कि एआई टूल्स का इस्तेमाल अपनी पढ़ाई और करियर को बेहतर बनाने के लिए कैसे किया जाए। रोजमर्रा की समस्याओं पर फोकस: एक्सपो में ऐसे एआई मॉडल्स का डेमो होगा जो खेती में फसल की बीमारी पहचानने, अस्पतालों में बेहतर इलाज करने और भाषा अनुवाद को आसान बनाने में मदद करते हैं। स्टार्टअप्स लीडर्स से मुलाकात: देश-विदेश के स्टार्टअप्स अपने अनोखे प्रोडक्ट्स पेश करेंगे। आम लोग इन इनोवेटर्स से सीधे बात कर सकेंगे और समझ सकेंगे कि भविष्य की तकनीक कैसी होगी। एक्सपीरिएंस जोन: समिट में कई 'थीमैटिक पैवेलियन' बनाए गए हैं। यहां लोग खुद एआई पावर्ड मशीनों और सॉफ्टवेयर का अनुभव ले सकेंगे, जैसे स्मार्ट हेल्थ मॉनिटरिंग और एआई ट्यूटर।

दैनिक भास्कर 16 Feb 2026 4:00 am

ओप्पो एनको बड्स 3 प्रो+ का रिव्यू:₹2,499 में नॉइज कैंसलेशन जैसे फीचर्स, 60 दिन की टेस्टिंग में साउंड ने इम्प्रेस किया

ओप्पो के किफायती ईयरबड्स एनको बड्स 3 प्रो+ को लॉन्च हुए करीब 2 महीने बीत चुके हैं। ₹2,499 की कीमत वाले ये बड्स एक्टिव नॉइस कैंसलेशन और डुअल-डिवाइस कनेक्टिविटी जैसे फीचर्स के साथ आते हैं। हमने पिछले 60 दिनों तक इनका इस्तेमाल किया। लंबी टेस्टिंग के बाद डिटेल्ड रिव्यू… 1. डिजाइन और कलर: इनका डिजाइन ओप्पो के पुराने वर्जन से काफी मिलता-जुलता है। ये 'सोनिक ब्लू' और मिडनाइट ब्लैक कलर में उपलब्ध हैं। बड्स का केस बाहर से मैट फिनिश के साथ आता है, जिससे इस पर उंगलियों के निशान नहीं पड़ते। अंदर का हिस्सा ग्लॉसी है। इसमें फास्ट पेयरिंग का सपोर्ट दिया गया है, जिससे यह फोन से तुरंत कनेक्ट हो जाते हैं। बड्स पर लेफ्ट (L) और राइट (R) की मार्किंग दी गई है ताकि पहनने में कोई गलती न हो। राउंड एजेस और छोटे साइज की वजह से लंबे समय तक इस्तेमाल पर भी दर्द या थकान महसूस नहीं होती। बॉक्स में चार्जिंग केबल नहीं दी गई है। हालांकि आजकल ज्यादातर घरों में टाइप-सी केबल होती है, लेकिन एक नए प्रोडक्ट के साथ केबल न मिलना कुछ यूजर्स को अखर सकता है। 2. ऑडियो क्वालिटी: बेहतर साउंड के लिए इसमें 12.4 mm का बड़ा ड्राइवर दिया गया है। बड़े ड्राइवर की वजह से म्यूजिक सुनते समय बेस काफी पावरफुल महसूस होता है। कॉलिंग के लिए हर बड में ड्यूल माइक्रोफोन सेटअप दिया गया है। एक माइक ऊपर और एक नीचे की तरफ। इन बड्स में 'एक्टिव नॉइज कैंसिलेशन' (ANC) फीचर भी दिया गया है। ये 32 डेसीबल्स (dB) तक का ANC सपोर्ट करते हैं। ये ऑडियो एक्सपीरियंस को बेहतर बना देता है। लगातार 60 दिनों तक इस्तेमाल करने के बाद भी इसके साउंड और बेस की क्लेरिटी में कोई कमी नहीं आई है। लेकिन इसका ANC ऑफिस या घर के हल्के शोर को तो काट देता है, लेकिन बहुत ज्यादा भीड़भाड़ वाली जगह या ट्रैफिक के तेज शोर में यह उतना असरदार नहीं है। 3. बैटरी: बिना ANC के इस पूरे पैकेज (केस + बड्स) से 43 घंटे तक का बैकअप मिलता है। वहीं ANC मोड ऑन रहने पर यह 28 घंटे का बैकअप देता है। सिर्फ बड्स की बात करें, तो बिना ANC के ये एक बार में 12 घंटे और ANC के साथ 8 घंटे का प्लेबैक टाइम देते हैं। हमने इन बड्स को अलग-अलग स्थितियों में इस्तेमाल किया और इसकी बैटरी ने निराश नहीं किया। बड्स ने एक बार चार्ज करने पर 6 घंटे का बैकअप दिया। ये बड्स फास्ट चार्जिंग भी सपोर्ट करते हैं, यानी सिर्फ 10 मिनट चार्ज करके आप 2 घंटे तक म्यूजिक सुन सकते हैं। 4. प्रोटेक्शन: हल्की बारिश से बचाव के लिए इसे IP55 रेटिंग दी गई है। ओप्पो का इन बड्स को लेकर ये भी दावा है कि 1000 बार चार्ज करने के बाद भी बैटरी अपनी 80% क्षमता को बरकरार रखेगी। आमतौर पर ईयरफोन्स की बैटरी एक-डेढ़ साल में कम बैकअप देने लगती है, लेकिन ओप्पो की यह तकनीक इसे लंबे समय तक चलने वाला गैजेट बनाती है। 5. अन्य फीचर्स: केस पर सामने की तरफ एक LED लाइट और नीचे चार्जिंग के लिए USB-C पोर्ट दिया गया है। इस बजट में वायरलेस चार्जिंग तो नहीं है, लेकिन इसमें ड्यूल कनेक्शन (एक साथ दो डिवाइस से जुड़ना) और टच कंट्रोल्स जैसे फीचर्स मिल जाते हैं। मुकाबला: बाजार में ओप्पो एनको बड्स 3 प्रो+ का मुकाबला रियलमी बड्स एयर सीरीज और बोट एयरडोप्स के उन मॉडल्स से होगा जो ₹2,000 से ₹3,000 की रेंज में आते हैं। ये ब्रांड्स इस कीमत पर एक्टिव नॉइज कैंसिलेशन और लंबी बैटरी लाइफ जैसे फीचर्स देते हैं। फैसला: कम कीमत में ऐसे फीचर्स बड्स को वैल्यू फॉर मनी प्रोडक्ट बनाते हैं। अगर आप 3 हजार रुपए से कम कीमत में बढ़िया ऑडियो एक्सपीरियंस चाहते हैं, तो इसे खरीद सकते हैं।

दैनिक भास्कर 15 Feb 2026 1:21 pm

विंटेज लुक वाला स्कूटर वेस्पा ऑफिसिना 8 भारत में लॉन्च:फुल मेटैलिक बॉडी के साथ 125cc और 150cc इंजन का ऑप्शन, शुरुआती कीमत ₹1.34 लाख

इटालियन प्रीमियम स्कूटर ब्रांड वेस्पा ने भारत में अपना नया स्पेशल एडिशन स्कूटर 'वेस्पा ऑफिसिना 8' लॉन्च कर दिया है। यह स्कूटर वेस्पा के इतिहास और उसकी शुरुआत की याद में तैयार किया गया है। इसकी शुरुआती कीमत 1.34 लाख रुपए (एक्स-शोरूम, महाराष्ट्र) रखी गई है। कंपनी ने इस स्कूटर को उन इंजीनियरों और डिजाइनरों को समर्पित किया है, जिन्होंने 1944 में इटली की पोंटेडेरा वर्कशॉप में वेस्पा के पहले प्रोटोटाइप पर काम किया था। ऑफिसिना 8: वेस्पा के जन्म की कहानी से जुड़ा है नाम इस स्कूटर का नाम 'ऑफिसिना 8' उस एक्सपेरिमेंटल वर्कशॉप से लिया गया है, जिसे 1944 में पियाजियो के पोंटेडेरा प्लांट के अंदर बनाया गया था। इसी वर्कशॉप में इंजीनियरों और मैकेनिकों की एक विशेष टीम ने सामान्य प्रोडक्शन लाइन से अलग हटकर नए कॉन्सेप्ट्स पर काम किया था। इसी कड़ी मेहनत का नतीजा था कि 1946 में वेस्पा का पहला पेटेंट फाइल हुआ और दुनिया को पहला वेस्पा स्कूटर मिला। डिजाइन: मैट ब्लू फिनिश और ब्रास टोन का शानदार कॉम्बिनेशन डिजाइन की बात करें तो वेस्पा ऑफिसिना 8 में कंपनी ने क्लासिक और इंडस्ट्रियल लुक दिया है। इसकी पूरी बॉडी स्टील से बनी है, जिस पर मैट मेटैलिक 'ब्लू ऑफिसिना 8' पेंट स्कीम दी गई है। स्कूटर पर मेटैलिक रिवेट्स और ब्रास (पीतल) और एल्युमीनियम टोन का इस्तेमाल किया गया है, जो इसे विंटेज लुक देते हैं। इसमें वेस्पा का सिग्नेचर राउंड हेडलैंप और कर्व्ड लाइन्स मिलती हैं। प्रीमियम रिब्ड सीट इसकी रेट्रो थीम को और अट्रेक्टिव बनाती है। परफॉर्मेंस: 125cc और 150cc के दो इंजन ऑप्शंस वेस्पा ने इस स्पेशल एडिशन को भारत में अपने मौजूदा पोर्टफोलियो की तरह दो इंजन ऑप्शंस में उतारा है। इसे 125cc और 150cc के एयर-कूल्ड इंजन वैरिएंट में खरीद सकते हैं। 125cc वैरिएंट में सिंगल सिलिंडर आई-गेट इंजन है, जो करीब 10bhp की पावर और 10Nm का टॉर्क जनरेट करता है। वहीं, 150cc वैरिएंट ज्यादा पावरफुल है। 125cc वाला इंजन रोजाना के सिटी राइड के लिए बेहतर है, वहीं 150cc वाला वैरिएंट उन लोगों के लिए है, जिन्हें ज्यादा पावर और बेहतर परफॉर्मेंस पसंद है। माइलेज की बात करें तो 125cc में करीब 45-50kmpl और 150cc में 40-45kmpl तक का क्लेम है। दोनों में स्मूद राइडिंग और अच्छा पिकअप मिलता है। स्कूटर सिटी और हाईवे दोनों के लिए सूटेबल है। हार्डवेयर: हाइड्रोलिक शॉक एब्जॉर्बर और डिजिटल डिस्प्ले स्कूटर में वेस्पा का भरोसेमंद मोनोकॉक स्टील चेसिस इस्तेमाल किया गया है। सस्पेंशन के लिए फ्रंट में सिंगल-साइडेड एयरक्राफ्ट-इन्स्पायर्ड सस्पेंशन और पीछे की तरफ हाइड्रोलिक शॉक एब्जॉर्बर दिए गए हैं। ब्रेकिंग के लिए इसमें डिस्क ब्रेक की सुविधा मिलती है। फीचर्स के तौर पर इसमें डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर और स्टाइलिश अलॉय व्हील्स दिए गए हैं। वेलकम किट और हेलमेट: ग्राहकों को मिलेगा खास तोहफा इस स्कूटर को खरीदने वाले हर ग्राहक को कंपनी की तरफ से एक स्पेशल 'वेलकम किट' दी जाएगी। इस किट में एक किताब शामिल है, जो वेस्पा की वर्कशॉप और उसके गौरवशाली इतिहास के बारे में बताती है। इसके अलावा, स्कूटर के रंग से मैच करता हुआ एक हाफ-फेस हेलमेट भी स्टैंडर्ड एक्सेसरी के तौर पर साथ मिलेगा। ग्राहक चाहें तो स्कूटर के साथ मैचिंग 'टॉप बॉक्स' और ऑफिसिना 8 अपैरल (कपड़े) भी अलग से खरीद सकते हैं।

दैनिक भास्कर 14 Feb 2026 10:33 pm

AI में विज्ञापनों का दौर:ओपनएआई ने टेस्टिंग शुरू की, गूगल ने डायरेक्ट ऑफर्स फीचर लॉन्च किया, एंथ्रोपिक का विरोध

ओपनएआई ने कुछ चुनिंदा यूजर्स के लिए चैट जीपीटी में विज्ञापनों की टेस्टिंग शुरू कर दी है। कंपनी ने इसका पोस्ट भी जारी किया है। इसी तरह गूगल ने गूगल सर्च और जेमिनी में सीधे खरीदारी का विकल्प जोड़ दिया है। एआई कंपनियों का उद्देश्य है कि यूजर जब एआई से प्रोडक्ट ढूंढे, तुलना करें या सलाह लें और वहीं से खरीद भी सकें। इससे गूगल को एआई के इस्तेमाल से सीधी कमाई का रास्ता मिलेगा। लेकिन ओपनएआई–गूगल के इतर एंथ्रोपिक की पॉलिसी बिल्कुल अलग है। एंथ्रोपिक ने एआई मॉडल्स में विज्ञापनों का विरोध किया है। जानते हैं तीनों कंपनी की स्ट्रेटजी। इन तीन कंपनियों की ये होगी रणनीति ओपनएआई: फ्री यूजर्स भी बंद कर सकेंगे विज्ञापन,पर मैसेज कम मिलेंगे सिर्फ फ्री और गो प्लान के यूजर्स के लिए विज्ञापन होंगे। अन्य प्लान पूरी तरह विज्ञापन-मुक्त रहेंगे। चैट के जवाब में साफ ‘स्पॉन्सर्ड लेबल’ लिखा होगा। विज्ञापन ब्रॉड टॉपिक्स और यूजर के ऐड-इंटरैक्शन के आधार पर चुने जाएंगे। फ्री यूजर भी विज्ञापन बंद कर सकेंगे, लेकिन बदले में रोज के फ्री मैसेज कम मिलेंगे। गूगल: डायरेक्ट ऑफर्स नाम का नया फीचर लॉन्च किया गूगल ने विज्ञापनदाताओं को भेजे एक पत्र में बताया कि सर्च के एआई मोड में नए विज्ञापन के फॉर्मेट टेस्ट किए जा रहे हैं। रिटेलर और ब्रांड अपने प्रोडक्ट सीधे एआई रिजल्ट्स में दिखा सकेंगे। डायरेक्ट ऑफर्स नाम का नया फीचर ब्रांड्स को संभावित ग्राहकों को छूट/डिस्काउंट देने की सुविधा देगा। एंथ्रोपिक: विज्ञापनों से दूरी की रणनीति एंथ्रोपिक ने कहा है कि क्लाउड में पारंपरिक विज्ञापन जोड़ने की कोई योजना नहीं है। कंपनी का मानना है कि चैट के बीच सेल्स पिच या प्रमोशनल मैसेज यूजर के भरोसे को कमजोर करते हैं। कंपनी की कमाई का फोकस सब्सक्रिप्शन और एंटरप्राइज लाइसेंस पर है।

दैनिक भास्कर 14 Feb 2026 2:44 pm

अमेरिका ने AI के जरिए वेनेजुएलाई राष्ट्रपति को पकड़ा था:क्लॉड मॉडल की मदद से काराकस में बमबारी; पहली बार सीक्रेट मिशन में AI का इस्तेमाल

अमेरिकी रक्षा मंत्रालय ने वेनेजुएला के पूर्व राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को पकड़ने के लिए AI टूल 'क्लॉड' का इस्तेमाल किया है। यह पहली बार है जब एआई का इस्तेमाल किसी इतने बड़े और गुप्त ऑपरेशन में किया गया है। 'द वॉल स्ट्रीट जर्नल' की रिपोर्ट में ये जानकारी सामने आई है। अमेरिकी सेना ने जनवरी की शुरुआत में काराकास में बमबारी करने के बाद मादुरो को गिरफ्तार किया था। उन पर ड्रग तस्करी के आरोप हैं। फिलहाल वे न्यूयॉर्क की जेल में हैं। डेटा फर्म पालान्टिर के जरिए हुआ AI का इस्तेमाल रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिकी सेना ने सीधे एनट्रॉपिक से नहीं बल्कि डेटा कंपनी 'पैलेंटियर' के जरिए क्लॉड का इस्तेमाल किया है। पैलेंटियर पहले से ही अमेरिकी रक्षा विभाग और फेडरल पुलिस के लिए काम करती है। एनट्रॉपिक की चिंताओं को देखते हुए अब ट्रम्प प्रशासन उसके 200 मिलियन डॉलर (करीब ₹1,800 करोड़) के कॉन्ट्रैक्ट को रद्द करने पर विचार कर रहा है। हिंसा के लिए क्लॉड AI के इस्तेमाल पर पाबंदी क्लॉड AI को बनानी वाली कंपनी एंथ्रोपिक ने कहा, हम किसी विशेष ऑपरेशन पर टिप्पणी नहीं कर सकते, लेकिन हमारा हर यूजर हमारी 'यूसेज पॉलिसी' मानने के लिए बाध्य है। क्लॉड एआई की गाइडलाइन्स में साफ लिखा है कि इस तकनीक का इस्तेमाल हिंसा फैलाने, हथियार बनाने या किसी की जासूसी करने के लिए नहीं किया जा सकता। युद्ध लड़ने से रोकने वाले AI का इस्तेमाल नहीं करेगी अमेरिकी सेना अमेरिकी रक्षा विभाग चाहता है कि ओपनAI और एंथ्रोपिक जैसी कंपनियां अपने टूल्स को मिलिट्री के क्लासिफाइड नेटवर्क पर बिना किसी कॉमर्शियल पाबंदी के उपलब्ध कराएं। रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने हाल ही में कहा था कि हम ऐसे AI मॉडल इस्तेमाल नहीं करेंगे जो हमें युद्ध लड़ने से रोकें। गूगल और माइक्रोसॉफ्ट भी इस रेस में शामिल एनट्रॉपिक पहली ऐसी एआई कंपनी है जिसका इस्तेमाल सेना के गुप्त ऑपरेशन्स में हुआ है, लेकिन वह अकेली नहीं है। इलॉन मस्क की कंपनी xAI, गूगल का जेमिनी और माइक्रोसॉफ्ट के निवेश वाली ओपन एआई भी सेना के लिए विशेष AI प्लेटफॉर्म तैयार करने में जुटी हैं। इनका इस्तेमाल फिलहाल डॉक्यूमेंट्स का विश्लेषण करने, रिपोर्ट बनाने और रिसर्च करने में हो रहा है। क्या है एंथ्रोपिक का 'क्लॉड' AI? क्लॉड एक एडवांस AI चैटबॉट है, जो टेक्स्ट जनरेशन, डेटा एनालिसिस और कोडिंग जैसे कामों में माहिर है। इसे ओपन AI के पूर्व एग्जीक्यूटिव्स ने 2021 में शुरू किया था। हाल ही में एक फंडिंग राउंड के बाद एंथ्रोपिक की वैल्यूएशन 380 बिलियन डॉलर यानी, करीब 34 लाख करोड़ रुपए हो गई है। नॉलेज पार्ट: युद्ध में कैसे मदद करता है AI? मिलिट्री ऑपरेशंस में AI का इस्तेमाल मुख्य रूप से इन कामों के लिए किया जाता है:

दैनिक भास्कर 14 Feb 2026 12:55 pm

भारत में एपल का 6वां-स्टोर 26-फरवरी को बोरीवली में खुलेगा:मुंबई में दूसरा आउटलेट होगा; दिल्ली में 2 और बेंगलुरु-पुणे में 1-1 स्टोर्स हैं

एपल भारत में अपने रिटेल नेटवर्क का तेजी से विस्तार कर रहा है। कंपनी 26 फरवरी को मुंबई के बोरीवली में अपना 6वां एक्सक्लूसिव स्टोर खोलने जा रही है। देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में यह एपल का दूसरा स्टोर होगा। इससे पहले कंपनी ने मुंबई के बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स (BKC) और दिल्ली के साकेत में अपने फ्लैगशिप स्टोर्स खोले थे। बोरीवली का यह नया स्टोर मुंबई के ग्राहकों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। एपल ने भारत में अपने पैर जमाने के लिए मुंबई को केंद्र बनाया है। बोरीवली से पहले अभी मुंबई में बीकेसी में एपल का स्टोर मौजूद है। बोरीवली का स्टोर उत्तर मुंबई के लोगों के लिए एपल प्रोडक्ट्स और सर्विसेज तक पहुंच आसान बनाएगा। कंपनी का लक्ष्य उन इलाकों में पहुंचना है, जहां प्रीमियम कंज्यूमर बेस ज्यादा है। एपल के बोरीवली स्टोर में क्या-क्या खास होगा? बोरीवली स्टोर में ग्राहकों को एपल के सभी लेटेस्ट प्रोडक्ट्स जैसे आईफोन 16 सीरीज, मैकबुक, आईपैड और वॉच सीरीज देखने और खरीदने को मिलेगी। स्टोर की डिजाइन एपल के ग्लोबल स्टैंडर्ड के हिसाब से रखी गई है। यहां 'जीनियस बार' की सुविधा भी होगी, जहां एक्सपर्ट्स ग्राहकों की तकनीकी समस्याओं को मौके पर ही हल करेंगे। इसके अलावा, ग्राहक यहां ट्रेड-इन प्रोग्राम के जरिए अपने पुराने फोन बदलकर नया आईफोन ले सकेंगे। एपल ने अप्रैल 2023 में मुंबई में अपना पहला इंडिया स्टोर और दिल्ली में अपना दूसरा स्टोर खोला था। फिर कंपनी ने 2025 में तीन और आउटलेट्स के साथ अपनी रिटेल प्रेजेंस को बढ़ाया। ये तीन स्टोर्स बेंगलुरु, पुणे और नोएडा में खोले गए। कंपनी के मुताबिक, भारत उनके लिए एक स्ट्रैटेजिक मार्केट है और वे आने वाले समय में हैदराबाद जैसे शहरों में भी विस्तार का प्लान बना रहे हैं। भारत में मैन्युफैक्चरिंग बढ़ने से मदद मिली एपल की रिटेल स्ट्रैटेजी में बदलाव के पीछे भारत में बढ़ती मैन्युफैक्चरिंग एक बड़ी वजह है। सरकार की PLI स्कीम के तहत अब भारत में आईफोन का प्रोडक्शन बड़े स्तर पर हो रहा है। जानकारों का कहना है कि लोकल प्रोडक्शन की वजह से कंपनी को सप्लाई चेन में आसानी हो रही है, जिससे वह अपने रिटेल स्टोर्स का विस्तार तेजी से कर पा रही है। 2027 तक स्टोर्स की संख्या बढ़ाने का लक्ष्य एपल के CEO टिम कुक ने पिछले भारत दौरे के दौरान संकेत दिया था कि वे भारत को लेकर बेहद उत्साहित हैं। कंपनी की योजना 2027 तक भारत में अपने स्टोर्स की संख्या बढ़ाकर 10 से ज्यादा करने की है। बोरीवली स्टोर इसी कड़ी का हिस्सा है। कंपनी अब सिर्फ टियर-1 ही नहीं, बल्कि बड़े मेट्रो शहरों के उपनगरीय इलाकों पर भी फोकस कर रही है। ये खबर भी पढ़ें… एपल मार्च में लॉन्च कर सकता है सस्ता आईफोन 17e: लेटेस्ट A19 चिप और मैगसेफ चार्जिंग मिलेगी; कीमत ₹50 हजार के करीब संभव एपल अगले महीने अपने किफायती आईफोन लाइनअप में नया मॉडल 'आईफोन 17e' लॉन्च कर सकता है। इस सस्ते आईफोन में भी लेटेस्ट A19 चिपसेट मिलने की उम्मीद है। ये चिप अभी आईफोन 17 सीरीज में मिलती है। रैम और स्टोरेज की बढ़ती कीमतों के बावजूद एपल इसकी कीमत 599 डॉलर यानी, करीब 50 हजार रुपए के आसपास रख सकता है। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 13 Feb 2026 1:54 pm

भारत की पहली D+ सेगमेंट SUV मैजेस्टर रिवील:10 ऑफरोडिंग मोड्स के साथ वेंटिलेशन-मसाज फंक्शन फ्रंट सीट्स, सेफ्टी के लिए लेवल-2 ADAS

JSW MG मोटर इंडिया ने नई 'मैजेस्टर' को रिवील कर दिया है। यह भारत में पहली D+ सेगमेंट वाली और सबसे बड़ी साइज वाली बॉडी ऑन फ्रेम SUV है। कंपनी की नई फ्लैगशिप SUV को ग्लोस्टर के ऊपर पोजीशन किया गया है। ये लग्जरी और फुली ऑफरोडिंग कार का कॉम्बिनेशन है। इसमें ट्विन-टर्बो डीजल इंजन और 8-स्पीड ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन के साथ 10 ऑफ-रोड मोड्स मिलते हैं और इसे 810mm गहरे पानी में भी चलाया जा सकता है। नई मैजेस्टर में ट्रिपल डिफरेंशियल लॉक और क्रॉल कंट्रोल मोड, फ्रंट सीटों में वेंटिलेशन और मसाज फंक्शन, डुअल वायरलेस चार्जर, लेवल-2 ADAS सेफ्टी और पैनोरमिक सनरूफ जैसे फीचर्स मिलेंगे। तीन वैरिएंट्स और 6-7 सीटर का ऑप्शन MG मैजेस्टर को तीन वैरिएंट्स- शार्प 4x2, सैवी 4x2 और टॉप-स्पेक सैवी 4x4 में उतारा गया है। इसमें ग्राहकों को 6 और 7 सीटर कॉन्फिगरेशन चुनने का मौका मिलेगा। कंपनी ने इसकी बुकिंग ₹41,000 के टोकन अमाउंट के साथ शुरू कर दी है। अप्रैल में इसकी टेस्ट ड्राइव और मई 2026 से डिलीवरी शुरू होगी। कंपनी ने शुरुआती 3,000 ग्राहकों के लिए खास ऑफर भी रखा है, जिसमें 5 साल की अनलिमिटेड किलोमीटर वारंटी, 5 साल का रोडसाइड असिस्टेंस और 5 साल का लेबर-फ्री सर्विस कॉन्ट्रैक्ट शामिल है। भारतीय बाजार में इसका सीधा मुकाबला टोयोटा फॉर्च्यूनर और स्कोडा कोडियाक जैसी प्रीमियम SUV से होगा। एक्सटीरियर: मस्कुलर लुक और 19-इंच के अलॉय व्हील्स डिजाइन के मामले में मैजेस्टर काफी अग्रेसिव और मस्कुलर दिखती है। यह ग्लोबल मार्केट में बिकने वाली मैक्सस D90 पर बेस्ड है। इसके फ्रंट में 'मोजेक मैट्रिक्स' ग्रिल दी गई है, जिसके दोनों तरफ वर्टिकल और हॉरिजॉन्टल LED DRLs मिलते हैं। साइड प्रोफाइल में मस्कुलर क्लैडिंग और 19-इंच के ड्यूल-टोन अलॉय व्हील्स इसे बोल्ड लुक देते हैं। पीछे की तरफ पूरी चौड़ाई वाली LED टेललाइट्स और 'मैजेस्टर' की बैजिंग दी गई है। यह कार मेटल ब्लैक, पर्ल वाइट, कंक्रीट ग्रे और मेटल ऐश जैसे कलर में मिलेगी। इंटीरियर: मसाज फंक्शन वाली सीटें और बड़ा केबिन मैजेस्टर का केबिन बेहद प्रीमियम है। इसमें टू-टोन थीम के साथ सॉफ्ट-टच मटेरियल का इस्तेमाल किया गया है। 6-सीटर वैरिएंट में मिडिल रो के लिए इंडिपेंडेंट कैप्टन सीटें दी गई हैं। सबसे खास फीचर इसकी फ्रंट सीटें हैं, जो न केवल हीटेड और कूल्ड हैं, बल्कि इनमें मल्टीपल मसाजिंग फंक्शन भी मिलते हैं। इसमें 12.3-इंच का बड़ा टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम और इतना ही बड़ा डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर दिया गया है। प्रैक्टिकलिटी के लिए इसमें जेस्चर-कंट्रोल टेलगेट (हाथ के इशारे से खुलने वाला बूट) मिलता है, जो थर्ड रो की सीट फोल्ड करने पर 1,350 लीटर तक का स्पेस देता है। परफॉर्मेंस: 215hp का ट्विन-टर्बो डीजल इंजन मैजेस्टर में परफॉर्मेंस के लिए 2.0-लीटर का ट्विन-टर्बोचार्ज्ड डीजल इंजन दिया गया है, जो 215hp की पावर और 478Nm का टॉर्क जनरेट करता है। यह वही इंजन है जो ग्लोस्टर के टॉप वैरिएंट्स में मिलता है। इसे ZF 8-स्पीड टॉर्क-कन्वर्टर ऑटोमैटिक गियरबॉक्स से जोड़ा गया है। ऑफ-रोडिंग के लिए इसमें 'M-Hub' ऑल-टेरेन मैनेजमेंट सॉफ्टवेयर है, जिसमें 10 ड्राइव मोड्स मिलते हैं। कंपनी का दावा है कि इसकी वॉटर-वेडिंग कैपेसिटी (पानी में चलने की क्षमता) 810mm है। सेफ्टी फीचर्स: लेवल-2 ADAS और 6 एयरबैग्स सुरक्षा के लिहाज से MG ने इसमें लेवल-2 ADAS (यानी एडवांस्ड ड्राइवर असिस्टेंस सिस्टम) दिया है। इसमें अडेप्टिव क्रूज कंट्रोल, कोलिजन डिटेक्शन, ऑटो-इमरजेंसी ब्रेकिंग, लेन-डिपार्चर वार्निंग और ब्लाइंड-स्पॉट मॉनिटरिंग जैसे फीचर्स शामिल हैं। इसके अलावा 6 एयरबैग्स, इलेक्ट्रॉनिक स्टेबिलिटी कंट्रोल, हिल-होल्ड असिस्ट और सराउंड-व्यू कैमरा इसे एक सुरक्षित एसयूवी बनाते हैं।

दैनिक भास्कर 13 Feb 2026 7:29 am

रूस में Telegram पर डिजिटल स्ट्राइक, पुतिन ने लगाई पाबंदियां, फाउंडर बोले- हम झुकेंगे नहीं

रूसी अधिकारियों ने देश के सबसे लोकप्रिय सोशल मीडिया ऐप में से एक, 'टेलीग्राम' पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। सरकार का यह कदम रूसी नागरिकों को विदेशी तकनीकी प्लेटफार्मों के बजाय खुद के नियंत्रित विकल्पों की ओर धकेलने की रणनीति का हिस्सा माना जा रहा ...

वेब दुनिया 12 Feb 2026 4:39 pm

इलॉन मस्क की AI कंपनी चांद पर फैक्ट्री लगाएगी:साल के अंत तक कोडिंग की जरूरत खत्म होगी; मस्क ने बताया XAI का पूरा प्लान

दुनिया के सबसे अमीर इंसान इलॉन मस्क चांद पर AI सैटेलाइट फैक्ट्री लगाएंगे। मस्क ने बताया कि वे इसके जरिए सूरज की ऊर्जा कैप्चर करना चाहते हैं। मस्क ने अपनी AI कंपनी XAI की इंटरनल मीटिंग का 45 मिनट का वीडियो पोस्ट किया, जिसमें ये जानकारी सामने आई है। इलॉन मस्क की मीटिंग से जुड़ी 10 बड़ी बातें… 1. सूरज की ऊर्जा का इस्तेमाल 2. फाउंडिंग टीम के 12 मेंबर्स में से 6 को निकाला मीटिंग में मस्क ने बताया कि कंपनी से कई पुराने कर्मचारियों को बाहर कर दिया गया है। इसमें कंपनी की शुरुआत करने वाली फाउंडिंग टीम के सदस्य भी शामिल हैं। xAI की शुरुआत करने वाले 12 मुख्य सदस्यों में से अब केवल आधे ही मस्क के साथ बचे हैं। मस्क ने इसे कंपनी के 'ऑर्गेनाइजेशनल स्ट्रक्चर' में बदलाव का नाम दिया है। 3. चार टीमों में बंटी xAI, 'मैक्रोहार्ड' प्रोजेक्ट सबसे खास यह प्रोजेक्ट सिर्फ साधारण सॉफ्टवेयर नहीं बनाएगा, बल्कि पूरी की पूरी कंपनियों का 'डिजिटल सिमुलेशन' तैयार करेगा। इसका मतलब है कि एआई एक कंपनी के हर विभाग, सप्लाई चेन और बिजनेस फैसलों का एक कंप्यूटर मॉडल बना देगा। इससे किसी भी बड़े फैसले को असल में लागू करने से पहले एआई पर टेस्ट किया जा सकेगा कि उसका नतीजा क्या होगा। मैक्रोहार्ड का एक बड़ा लक्ष्य एआई के जरिए जटिल मशीनों को डिजाइन करना है। यह एआई इतना एडवांस होगा कि खुद ही रॉकेट के इंजन और उनके पार्ट्स के डिजाइन तैयार करेगा, जिससे इंसानी गलती की गुंजाइश खत्म हो जाएगी और काम की रफ्तार कई गुना बढ़ जाएगी। 4. इंसानों की जगह सॉफ्टवेयर खुद लिखेगा अपना प्रोग्राम अब AI मॉडल्स किसी भी समस्या को एक अनुभवी इंजीनियर की तरह समझते हैं। अगर प्रोग्राम में कोई गलती आती है, तो वे उसे ढूंढकर खुद ही ठीक भी कर सकते हैं। मस्क ने कहा कि इस साल के अंत तक शायद कोडिंग लिखने की जरूरत ही न पड़े। AI सीधे 'बाइनरी' (कंप्यूटर की अपनी भाषा यानी 0 और 1) में फाइलें बना देगा। यह काम किसी भी इंसानी प्रोग्रामर या मौजूदा सॉफ्टवेयर (कंपाइलर) से कहीं ज्यादा बेहतर और तेज होगा। मस्क का दावा है कि अगले 2-3 महीनों में उनका 'ग्रोक कोड' दुनिया का सबसे बेहतरीन कोडिंग मॉडल बन जाएगा, जो चुटकियों में जटिल से जटिल सॉफ्टवेयर तैयार कर देगा। 5. AI बना पाएगा 20 मिनट तक लंबे वीडियो XAI की इमेजिन टीम साल के अंत तक ऐसे मॉडल्स लाएगी जो एक बार में 10 से 20 मिनट के लंबे वीडियो बना सकेंगे। इसमें किसी मानवीय दखल की भी जरूरत नहीं पड़ेगी। 6. 'मेम्फिस क्लस्टर' धरती का सबसे बड़ा सुपरकंप्यूटर मस्क के पास दुनिया का सबसे बड़ा GPU क्लस्टर है। ये 24 घंटे बिना रुके काम करता है। इसका मुख्य काम AI चैटबॉट 'ग्रोक' के अगले और एडवांस वर्जन को ट्रेनिंग देना है। यहां हजारों ऑपरेटिंग सिस्टम एक साथ मिलकर विशाल दिमाग की तरह काम कर रहे हैं। मस्क की टीम ने इस प्रोजेक्ट के बारे में बताया कि डेटा सेंटर का एक बड़ा हिस्सा मात्र 6 हफ्ते में तैयार किया गया है। हॉल के अंदर 1363 किलोमीटर लंबी फाइबर केबल बिछाई गई है। पूरा क्लस्टर तैयार होने पर यह 1 गीगावाट से ज्यादा बिजली खर्च करेगा। 7. छत पर लिखवाया 'मैक्रो हार्ड' मस्क ने अपनी सफलता का मंत्र 'कंप्यूट एडवांटेज' (ज्यादा से ज्यादा मशीनी ताकत) को बताया। एनवीडिया के CEO जेन्सेन हुआंग ने भी माना कि मस्क जितनी तेजी से एआई इंफ्रास्ट्रक्चर दुनिया में कोई नहीं बना सकता। मस्क ने डेटा सेंटर की छत पर 'Macro Hard' (माइक्रोसॉफ्ट के नाम पर तंज) लिखवाया है। 8. ग्रोक वॉइस और 'एवरीथिंग एप' का विजन वॉइस टीम ने बताया कि सितंबर 2024 तक उनके पास कोई वॉइस मॉडल नहीं था, लेकिन सिर्फ 6 महीने में उन्होंने स्क्रैच से ऐसा मॉडल बनाया जो ओपन एआई को टक्कर दे रहा है। उनका लक्ष्य इसे सिर्फ सवाल-जवाब तक सीमित न रखकर एक 'एवरीथिंग एप' बनाना है।

दैनिक भास्कर 12 Feb 2026 2:10 pm

सैमसंग का एनुअल इवेंट 'गैलेक्सी अनपैक्ड' 25 फरवरी को होगा:200MP कैमरा और टाइटेनियम बॉडी के साथ आएगा अल्ट्रा, S26 और S26 प्लस भी पेश होंगे

कोरियन टेक कंपनी सैमसंग अपनी फ्लैगशिप स्मार्टफोन सीरीज गैलेक्सी S26 लॉन्च करने की तैयारी कर रही है। कंपनी इस साल भी तीन नए मॉडल्स- गैलेक्सी S26, S26 प्लस और S26 अल्ट्रा बाजार में उतारेगी। इस बार मुख्य फोकस एडवांस AI फीचर्स, स्लिम डिजाइन और अल्ट्रा मॉडल में मिलने वाले पावरफुल 'स्नैपड्रैगन एलीट जेन 5' प्रोसेसर पर है। तीनों फोन एनुअल इवेंट 'गैलेक्सी अनपैक्ड' में पेश किए जाएंगे। ये इवेंट 25 फरवरी को होगा। सीरीज के बेस मॉडल गैलेक्सी S26 की शुरुआती कीमत ₹79,999 हो सकती है। वहीं, गैलेक्सी S26 प्लस ₹99,999 और सबसे प्रीमियम मॉडल गैलेक्सी S26 अल्ट्रा ₹1,29,000 की शुरुआती कीमत में आ सकते हैं। अल्ट्रा के 1TB वैरिएंट की कीमत ₹1.60 लाख तक जा सकती है। डिजाइन और बिल्ड क्वालिटी: स्लिम बॉडी और टाइटेनियम फ्रेम गैलेक्सी S26 सीरीज में इस बार डिजाइन को लेकर बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। सैमसंग गैलेक्सी S26 सीरीज एक्सपैक्टेड स्पेसिफिकेशंस

दैनिक भास्कर 11 Feb 2026 4:55 pm

BYD की नई 'एटो 3 ईवो' में 510km की रेंज:25 मिनट में 80% चार्जिंग; 3.9 सेकंड में 100kmph की स्पीड का दावा

चाइनीज इलेक्ट्रिक कार मेकर BYD ने अपनी पॉपुलर इलेक्ट्रिक SUV 'एटो 3' का नया अपडेटेड वर्जन पेश किया है। कंपनी ने अब इसके नाम के साथ 'ईवो' सफिक्स जोड़ दिया है। नई एटो 3 ईवो में बड़ी बैटरी से ज्यादा रेंज मिलेगी। इसे 400V से 800V आर्किटेक्चर पर भी अपग्रेड कर दिया गया है। इससे कार की चार्जिंग स्पीड पहले के मुकाबले बढ़ गई है। भारत में पुरानी एटो 3 की कीमत 25 लाख रुपए से शुरू है। वहीं एटो 3 ईवो की कीमत अभी रिवील नहीं की गई है। इसे अभी ग्लोबल मार्केट के लिए पेश किया गया है। रेंज में 92km का इजाफा, 5.5 सेकंड में 0 से 100 की स्पीड नए मॉडल में बैटरी का साइज 60.5kWh से बढ़ाकर 74.8kWh कर दिया गया है। इसकी WLTP रेंज अब 510km हो गई है, जो पुराने मॉडल (418km) के मुकाबले 92km ज्यादा है। मोटर पोजीशन भी बदली गई है। यह 313hp की पावर और 380Nm का टॉर्क जनरेट करती है। 5.5 सेकंड में 100kmph की रफ्तार पकड़ सकती है, जो पहले से 1.8 सेकंड तेज है। पावरफुल AWD वर्जन में 3.9 सेकंड में 100 की रफ्तार BYD ने ज्यादा पावरफुल ऑल-व्हील ड्राइव (AWD) वर्जन भी उतारा है। इसमें भी वही 74.8kWh का बैटरी पैक लगा है। यह 449hp की पावर और 560Nm का टॉर्क देती है। यह वर्जन सिर्फ 3.9 सेकंड में 0 से 100kmph की स्पीड पकड़ लेता है। ज्यादा पावर की वजह से इसकी रेंज थोड़ी कम होकर 470km रह गई है। टॉप स्पीड 200kmph है। 800V आर्किटेक्चर से फास्ट हुई चार्जिंग तकनीकी रूप से बड़ा बदलाव इसकी चार्जिंग सिस्टम में किया गया है। कार अब 400V के बजाय 800V इलेक्ट्रिकल आर्किटेक्चर पर काम करती है। इससे इसकी पीक चार्जिंग रेट 88kW से बढ़कर 220kW हो गई है। अब यह कार मात्र 25 मिनट में 10% से 80% तक चार्ज हो सकती है। खास बात यह है कि इसकी बैटरी 'व्हीकल-टू-लोड' (V2L) फंक्शन को भी सपोर्ट करती है, जिससे आप कार की बैटरी से दूसरे बिजली के उपकरण चला सकते हैं। ज्यादा बूट स्पेस और बदला हुआ इंटीरियर कार के डिजाइन और स्पेस में भी सुधार हुआ है। मोटर की जगह बदलने से अब पीछे 50 लीटर ज्यादा बूट स्पेस (कुल 490 लीटर) मिल रहा है। बोनट के नीचे 101 लीटर का 'फ्रंक' भी है। इंटीरियर में गियर सिलेक्टर को अब स्टीयरिंग कॉलम पर शिफ्ट कर दिया है। कार में 8.8-इंच का डिजिटल क्लस्टर और 15.6-इंच की रोटेटिंग टचस्क्रीन है। सॉफ्टवेयर अपडेट भी किया गया है। भारत में लॉन्चिंग का इंतजार BYD ने फिलहाल इस नए मॉडल की तकनीकी जानकारी का खुलासा ग्लोबल मार्केट के लिए किया है। भारत में इसे कब लॉन्च किया जाएगा, इसकी तारीख नहीं बताई गई है। नॉलेज बॉक्स: क्या होता है 800V आर्किटेक्चर? ज्यादातर इलेक्ट्रिक कारें 400-वोल्ट सिस्टम पर चलती हैं। 800V सिस्टम एक एडवांस तकनीक है जो बिजली के फ्लो को तेज और ज्यादा कुशल बनाती है। इसका सबसे बड़ा फायदा यह है कि बैटरी बहुत कम समय में चार्ज हो जाती है और कार के तार और कंपोनेंट्स कम गर्म होते हैं।

दैनिक भास्कर 11 Feb 2026 2:01 pm

ओपो K14x स्मार्टफोन भारत में लॉन्च, शुरुआती कीमत ₹14,999:50MP कैमरा के साथ 120Hz रिफ्रेश रेट वाला डिस्प्ले, 6500mAh की बैटरी

टेक कंपनी ओपो ने भारतीय बाजार में अपना नया बजट 5G स्मार्टफोन ओप्पो K14x लॉन्च कर दिया है। कंपनी ने फोन को 50MP कैमरा और 120Hz रिफ्रेश रेट वाले डिस्प्ले के साथ उतारा है। इसमें पावर बैकअप के लिए 6500mAh की बैटरी दी गई है। ओपो K14X को भारत में दो वैरिएंट में पेश किया गया है। इसकी शुरुआती कीमत 14,999 रुपए रखी गई है। ओपो K14x : वैरिएंट वाइस प्राइस ओपो K14x : स्पेसिफिकेशंस डिस्प्ले: ओप्पो K14x फोन को 1570 x 720 पिक्सल रेजोल्यूशन वाली 6.75-इंच की HD+ डिस्प्ले पर लॉन्च किया गया है। यह पंच-होल स्टाइल वाली स्क्रीन LCD पैनल पर बनी है जो 120Hz रिफ्रेश रेट, 256ppi और 1125 निट्स पीक ब्राइटनेस आउटपुट प्रदान करती है। यह नया ओपो मोबाइल IP64 रेटिंग के साथ आया है जो इसे पानी व धूल से सुरक्षित रखने में मदद रखता है। परफॉर्मेंस: ओप्पो K14x फोन को एंड्रॉयड 16 पर लाया गया है जो कलरOS पर काम करता है। प्रोसेसिंग के लिए इस स्मार्टफोन को मीडियाटेक डायमेंसिटी 6300 ऑक्टा-कोर प्रोसेसर पर लॉन्च किया गया है। यह 6नैनोमीटर फेब्रिकेशन्स पर बना मोबाइल चिपसेट है जो 2.0गीगाहर्ट्ज़ से लेकर 2.4गीगाहर्ट्ज तक की क्लॉक स्पीड पर रन करने की क्षमता रखता है। इस फोन में ट्रिनिटी इंजन लगा है जो स्मूथ परफॉर्मेंस देने में मदद करता है। बैटरी: पावर बैकअप के लिए 15 हजार का कम का ओपो 5जी फोन तगड़ी 6,500mAh बैटरी की ताकत से लैस होकर आया है। यह बड़ी बैटरी कई घंटों का बैकअप देती है जो एक पूरा दिन आराम से निकाल देती है। वहीं मोबाइल को तेजी से चार्ज करने के लिए ओप्पो K14x को 45W सुपरवूक फास्ट चार्जिंग तकनीक से लैस किया गया है। ओपो के14एक्स 5जी रिवर्स चार्जिंग भी सपोर्ट करता है। कैमरा: फोटोग्राफी के लिए लिए ओपो के14एक्स 5जी फोन डुअल रियर कैमरा सपोर्ट करता है। इसके बैक पैनल पर एलइडी फ्लैश से लैस एफ/ अपर्चर वाला 50 मेगापिक्सल मेन सेंसर दिया गया है जो 2 मेगापिक्सल सेकेंडरी सेंसर के साथ मिलकर काम करता है। इस फोन में यूजर्स को डुअल-व्यू वीडियो मोड मिलता है जो व्लॉगिंग में काम आएगा। अन्य: ओप्पो K14x 5G फोन में कनेक्टिविटी के लिए Wi-Fi और ब्लूटूथ 5.4 सहित OTG का सपोर्ट भी दिया गया है। फोन अनलाकिंग और सिक्योरिटी के लिए इसमें साइड माउंटेड फिंगरप्रिंट सेंसर मौजूद है। बताते चलें कि यह 5जी ओप्पो मोबाइल रैम एक्सपेंशन तकनीक से लैस है जो फिजिकल रैम में वचुर्अल रैम जोड़कर इसकी ताकत को बढ़ाती है।

दैनिक भास्कर 11 Feb 2026 11:05 am

AI कंटेंट पर 20 फरवरी से लेबल लगाना जरूरी:डीपफेक वीडियो-फोटो भी 3 घंटे में हटाने होंगे, सरकार का सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को आदेश

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स जैसे X (ट्विटर), यू-ट्यूब, स्नैपचैट और फेसबुक को अब अपने प्लेटफॉर्म पर शेयर किए जाने वाले AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) कंटेंट पर लेबल लगाना होगा। इसके साथ ही डीपफेक वीडियो-फोटो भी 3 घंटे में हटाने होंगे। इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने मंगलवार को आदेश जारी किया है। इसमें IT रूल्स 2021 में बदलाव किया गया है। बदले हुए नियम 20 फरवरी से लागू होंगे। इसका ड्राफ्ट सरकार ने 22 अक्टूबर 2025 को जारी किया था। नए नियम डीपफेक और AI से बने कंटेंट को लेबल और ट्रेस करने के लिए हैं। मतलब, अब AI कंटेंट में साफ लिखना होगा कि यह कंटेंट असली नहीं, AI वाला है। इससे मिसइनफॉर्मेशन और चुनावी धांधली जैसी समस्याओं पर लगाम लगेगी। सभी AI ऑडियो-वीडियो लेबल लगाना होगा नई रूल 3(3) के तहत, जो भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म AI कंटेंट जैसी 'सिंथेटिकली जेनरेटेड इंफॉर्मेशन' क्रिएट करने देगा, उसे हर ऐसे कंटेंट पर प्रॉमिनेंट लेबल लगाना होगा। परमानेंट यूनिक मेटाडेटा/आइडेंटिफायर एम्बेड भी करना पड़ेगा। ये लेबल विजुअल में कम से कम 10% एरिया कवर करेगा या ऑडियो में पहले 10% टाइम में सुनाई देगा। मेटाडेटा को कोई चेंज, हाइड या डिलीट नहीं कर पाएगा। प्लेटफॉर्म्स को टेक्निकल तरीके अपनाने पड़ेंगे ताकि अपलोड होने से पहले ही चेक हो जाए कि ये AI वाला है या नहीं। नए IT नियमों में ये 3 बदलाव भी यूजर्स और इंडस्ट्री पर क्या असर पड़ेगा? यूजर्स अब फेक कंटेंट आसानी से पहचान सकेंगे, मिसइनफॉर्मेशन कम होगी। लेकिन क्रिएटर्स को एक्स्ट्रा स्टेप्स करने पड़ेंगे, जैसे लेबल लगाना। इंडस्ट्री के लिए चैलेंज ये होगा कि उन्हें मेटाडेटा और वेरिफिकेशन के लिए टेक इन्वेस्टमेंट करना होगा, जो ऑपरेशंस को थोड़ा महंगा कर सकता है। लेकिन ओवरऑल, ये AI मिसयूज रोकने में मददगार साबित होगा। मंत्रालय ने इन नियमों पर क्या कहा? सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने साफ कहा कि ये स्टेप 'ओपन, सेफ, ट्रस्टेड और अकाउंटेबल इंटरनेट' बनाने के लिए है, जो जनरेटिव AI से आने वाली मिसइनफॉर्मेशन, इम्पर्सनेशन और इलेक्शन मैनिपुलेशन जैसी रिस्क्स को हैंडल करेगा। इससे इंटरनेट ज्यादा भरोसेमंद बनेगा। --------------------------- ये खबर भी पढ़ें… X ने अश्लील AI कंटेंट पर सरकार को जवाब सौंपा:आईटी मंत्रालय जांच कर रहा, महिलाओं की आपत्तिजनक तस्वीरें क्रिएट कर शेयर करने का आरोप दुनिया के सबसे अमीर कारोबारी इलॉन मस्क के AI चैटबॉट ग्रोक (Grok) के जरिए महिलाओं और बच्चों की अश्लील तस्वीरें बनाने के मामले में भारत सरकार को अपना जवाब सौंप दिया है। आईटी मंत्रालय ने 2 दिसंबर को मस्क की कंपनी को बुधवार शाम 5 बजे तक का समय दिया था। न्यूज एजेंसी के मुताबिक, कंपनी ने एक्शन टेकन रिपोर्ट दाखिल कर दी है, जिसकी मंत्रालय जांच कर रहा है। सरकार ने चेतावनी दी थी कि अगर AI टूल्स के गलत इस्तेमाल पर कड़े कदम नहीं उठाए गए, तो X को भारतीय कानूनों के तहत मिल रही कानूनी सुरक्षा खत्म कर दी जाएगी। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 10 Feb 2026 6:16 pm

महंगे होंगे गैजेट्स:एआई के बढ़ते क्रेज से चिप की भारी किल्लत, 50% तक महंगे हो सकते हैं फोन और टीवी

एआई की तेज रफ्तार अब फोन, टीवी जैसे कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स महंगे कर सकती है। एआई इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए डेटा सेंटर्स और सर्वर्स को मेमोरी चिप्स की ज्यादा जरूरत पड़ रही है। इसके चलते कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स के लिए चिप की सप्लाई कम हो गई है। इससे इनकी कीमतें 50% तक बढ़ने की संभावना है। काउंटरपॉइंट रिसर्च की एक रिपोर्ट कहती है कि ऐसे में स्मार्टफोन, टीवी, कम्प्यूटर और अन्य कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स के दाम इस साल हर महीने 7-10% बढ़ सकती है। दरअसल, मेमोरी चिप्स बनाने वाली कंपनियां हाई-बैंडविड्थ मेमोरी और सर्वर-ग्रेड डीआरएएम को प्राथमिकता दे रही हैं, क्योंकि इनमें मुनाफा ज्यादा है। काउंटरपॉइंट रिसर्च के मुताबिक, सैमसंग, एसके हाइनिक्स और माइक्रॉन जैसे प्रमुख सप्लायर्स बड़े एआई और सर्वर ग्राहकों को पहले सप्लाई कर रहे हैं। ऑर्डर कंट्रोल सख्त कर दिए हैं और स्टॉकिंग रोक रहे हैं। इससे कंज्यूमर-ग्रेड के मेमोरी चिप्स की उपलब्धता घट गई है। मेमोरी चिप्स के दाम पहले ही 400% तक बढ़ चुके ब्लॉपंक्ट और कोडक के ब्रांड लाइसेंसी सुपर प्लास्ट्रॉनिक्स के सीईओ अवनीत सिंह मारवाह ने कहा कि स्मार्ट टीवी में डीडीआर-3 और डीडीआर-4 मेमोरी इस्तेमाल होती है। लेकिन एआई डिमांड के चलते ये मेमोरी चिप्स सर्वर्स की ओर डायवर्ट हो रही हैं। नतीजतन अंतरराष्ट्रीय बाजार में मेमोरी चिप्स के दाम पहले ही 300-400 फीसदी बढ़ चुके हैं। एपल 25% चिप इस्तेमाल करती है, सप्लायर्स पर दबाव बनाएगी टीवी की कीमत इस साल 7-10% बढ़ सकती है- रिसर्च रिपोर्ट के मुताबिक, हालात ऐसे हैं कि इस साल मार्च तक मेमोरी चिप्स के दाम 40-50% और बढ़ सकते हैं। इससे टीवी की कीमतें 7-10% बढ़ सकती हैं। जल्द सुधार की उम्मीद भी नहीं है। भारत में जीएसटी 28% से घटकर 18% रह जाने के फायदे भी अब खत्म हो गए हैं। एपल छोड़कर अन्य ब्रांड्स के फोन महंगे हो सकते हैं- स्मार्टफोन कंपनी नथिंग ने कहा है कि इस साल फोन के दाम बढ़ाएगी। हालांकि, विश्लेषक मिंग-ची कू के मुताबिक, एपल आईफोन 18 के दाम स्थिर रखने के प्रयास करेगी। एपल ग्लोबल मेमोरी चिप सप्लाई का 20-25% इस्तेमाल करती है। सप्लायर्स पर दबाव डाल सकती है। कम्प्यूटर ब्रांड्स चीन से चिप्स लेने की सोच रहे- कुछ ग्लोबल कम्प्यूटर ब्रांड्स पारंपरिक चिप कंपनियों के विकल्प तलाश रहे हैं। एचपी, डेल, एसर और एसस जैसी कंपनियां सीएक्सएमटी जैसी चीन की कंपनियों से मेमोरी चिप्स खरीदने पर विचार कर रही हैं। यदि ऐसा हुआ तो लैपटॉप, पीसी और टैबलेट के दाम भी स्थिर रह सकते हैं। बढ़ती कीमतों के चलते बड़ी स्क्रीन का ट्रेंड पलटने की संभावनाटीवी ग्राहकों का व्यवहार बदल सकता है। प्लास्ट्रॉनिक्स के मारवाह के मुताबिक, लोग 65 इंच टीवी की जगह 55 इंच लेंगे, या 55 इंच वाले 43-50 इंच पर शिफ्ट होंगे। बड़े स्क्रीन का ट्रेंड पलट सकता है। ग्राफिक्स सेगमेंट प्रभावित होंगे। मेमोरी की कमी से एनवीडिया जैसी कंपनियों ने कुछ गेमिंग चिप्स लॉन्च करने में देरी की है। ऑटो सेक्टर भी प्रभावित हुआ क्योंकि कारों में भी सेमीकंडक्टर्स और मेमोरी लगती है।

दैनिक भास्कर 10 Feb 2026 4:23 pm

हीरो मोटोकॉर्प जल्द लाएगी अपनी पहली इलेक्ट्रिक बाइक:विडा यूबेक्स का डिजाइन पेटेंट कराया, स्पोर्टी और मस्कुलर लुक रहेगा

हीरो मोटोकॉर्प का इलेक्ट्रिक ब्रांड 'विडा' (Vida) अब इलेक्ट्रिक स्कूटर के बाद देश के इलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल बाजार में उतरने की तैयारी कर रहा है। कंपनी ने अपनी पहली इलेक्ट्रिक बाइक विडा यूबेक्स (Ubex) का डिजाइन भारत में पेटेंट करा लिया है। यह एक अर्बन-फोर्स्ड (शहरों के लिए बनी) इलेक्ट्रिक बाइक होगी, जिसका लुक काफी स्पोर्टी और मस्कुलर रखा गया है। हाल ही में सामने आई पेटेंट तस्वीरों से संकेत मिलते हैं कि यह बाइक अब कॉन्सेप्ट से प्रोडक्शन के काफी करीब पहुंच गई है। EICMA में शोकेस हुए 4 कॉन्सेप्ट में से एक है उबेक्सविडा ने ऑटो एक्सपो EICMA में चार इलेक्ट्रिक कॉन्सेप्ट पेश किए थे, जिनमें से यूबेक्स एक है। बाकी तीन भी मोटरसाइकिल मॉडल्स ही थे। पेटेंट इमेज को देखकर पता चलता है कि यह एक 'स्ट्रीटफाइटर' स्टाइल वाली बाइक होगी। इसमें एक मोनो प्रोजेक्टर हेडलैंप दिया गया है, जिसके दोनों तरफ LED डे-टाइम रनिंग लैंप्स (DRLs) और टर्न इंडिकेटर्स लगाए गए हैं। कॉस्ट कम करने के लिए डिजाइन में कुछ बदलाव संभवएक्सपो में दिखाए गए कॉन्सेप्ट मॉडल में USD (अपसाइड डाउन) फ्रंट फोर्क्स थे, लेकिन पेटेंट इमेज में पारंपरिक टेलिस्कोपिक फोर्क्स दिखाई दे रहे हैं। जानकारों का मानना है कि कंपनी बाइक की कीमत को कम और प्रतिस्पर्धी रखने के लिए ये बदलाव कर सकती है। इसमें अलॉय व्हील्स के साथ मस्कुलर 'फ्यूल टैंक' जैसा सेक्शन और शार्प साइड पैनल्स दिए गए हैं, जो इसे एक प्रीमियम बाइक का फील देते हैं। आरामदायक राइडिंग और हाई-टेक फीचर्सबाइक की सिटिंग पोजीशन को आरामदायक और कम्यूटर-फ्रेंडली रखा गया है। इसमें सिंगल-पीस स्टेप सीट और ऊंचे हैंडलबार दिए गए हैं। तकनीकी फीचर्स की बात करें तो इसमें बड़ा TFT डिस्प्ले मिल सकता है, जिसमें टर्न-बाय-टर्न नेविगेशन और स्मार्टफोन कनेक्टिविटी जैसे फीचर्स होंगे। सुरक्षा के लिए दोनों पहियों पर डिस्क ब्रेक और ट्यूबलेस टायर दिए गए हैं। बैटरी और परफॉर्मेंस: शहरों के हिसाब से मिलेगी रेंजपेटेंट इमेज में एक बड़ा बैटरी पैक फ्रेम के निचले हिस्से में नजर आ रहा है। उम्मीद है कि विडा इसमें हाई-कैपेसिटी बैटरी का इस्तेमाल करेगी ताकि सिटी राइडिंग में अच्छी रेंज मिल सके। इसमें मिड-माउंटेड मोटर मिलने की संभावना है, जो सीधे पिछले पहिए को पावर सप्लाई करेगी। हालांकि, कंपनी ने अभी इसके पावर आउटपुट और रेंज का खुलासा नहीं किया है। हीरो के प्रीमियम शोरूम 'Premia' पर मिलेगी बाइकविडा उबेक्स की लॉन्चिंग टाइमलाइन अभी साफ नहीं है और इसे अभी तक सड़कों पर टेस्टिंग के दौरान नहीं देखा गया है। जब यह बाइक लॉन्च होगी, तो इसे हीरो के प्रीमियम 'Premia' शोरूम्स और विडा के डेडिकेटेड आउटलेट्स के जरिए बेचा जाएगा। इसका मुकाबला रिवॉल्ट RV400 और ओला की आने वाली इलेक्ट्रिक बाइक्स से हो सकता है।

दैनिक भास्कर 10 Feb 2026 1:32 pm

फरारी की 849 टेस्टारोसा भारत में लॉन्च होगी:कीमत ₹10.37 करोड़, टॉप स्पीड 330kmph; लैंबॉर्गिनी रेव्यूल्टो को मिलेगी टक्कर

फरारी अपनी नई फ्लैगशिप कार '849 टेस्टारोसा' को भारत में लॉन्च कर रही है। इसकी एक्स-शोरूम कीमत 10.37 करोड़ रुपए से शुरू होगी। यह कार कंपनी के पिछले फ्लैगशिप मॉडल SF90 स्ट्राडेल की जगह लेगी। भारत में इसका सीधा मुकाबला लैंबॉर्गिनी रेव्यूल्टो से होगा। कंपनी इस हाइब्रिड हाइपरकार को मार्च 2026 में भारतीय बाजार में लॉन्च कर सकती है। यह कार अपनी परफॉर्मेंस के साथ-साथ अपने रेट्रो लुक के लिए भी चर्चा में है। हाइब्रिड इंजन: सिर्फ 2.3 सेकंड में 0 से 100 की रफ्तार टेस्टारोसा में 4.0-लीटर का ट्विन-टर्बो V8 प्लग-इन हाइब्रिड इंजन दिया गया है। इसमें तीन इलेक्ट्रिक मोटर्स लगी हैं। दो फ्रंट एक्सेल पर और एक इंजन और गियरबॉक्स के बीच में। इसका V8 इंजन अकेले 830hp की पावर जेनरेट करता है, लेकिन इलेक्ट्रिक मोटर्स के साथ मिलकर इसकी कुल पावर 1,050hp तक पहुंच जाती है। रफ्तार की बात की जाए तो यह महज 2.3 सेकंड में 0 से 100 किलोमीटर प्रति घंटे की स्पीड पकड़ लेती है। इसकी टॉप स्पीड 330 किलोमीटर प्रति घंटा है। इलेक्ट्रिक मोड पर भी चलेगी कार इसमें 7.45kWh की बैटरी भी दी गई है। कंपनी का दावा है कि सिर्फ इलेक्ट्रिक मोड पर यह कार 16 से 25 किलोमीटर तक की दूरी तय कर सकती है। इसमें 8-स्पीड डुअल क्लच ट्रांसमिशन (DCT) गियरबॉक्स दिया गया है, जो चारों पहियों को पावर सप्लाई करता है। एक्सटीरियर: पुराने दौर की झलक दिखेगी कार के नाम में 'टेस्टारोसा' शब्द जुड़ा है, जो फरारी की क्लासिक कारों की याद दिलाता है। सामने की तरफ L-शेप्ड LED हेडलाइट्स दी गई हैं, जो एक ग्लॉस ब्लैक ट्रिम से जुड़ी हैं। साइड प्रोफाइल में बड़े अलॉय व्हील्स और ब्लैक-आउट छत दी गई है। कार के पिछले हिस्से में दो ऊंचे एग्जॉस्ट और स्लिम LED टेल-लैंप्स दिए गए हैं, जो इसे एग्रेसिव लुक देते हैं। इंटीरियर: बिना टचस्क्रीन वाला डैशबोर्ड, 16 इंच का डिस्प्ले कार के डैशबोर्ड पर पारंपरिक इंफोटेनमेंट टचस्क्रीन नहीं है। इसकी जगह ड्राइवर के लिए 16 इंच का बड़ा डिजिटल डिस्प्ले दिया गया है, जिसमें कार की सारी जानकारी मिलती है। वहीं, बगल में बैठे पैसेंजर के लिए एक अलग 9 इंच की स्लिम स्क्रीन दी गई है। स्टीयरिंग व्हील पर ही कई फिजिकल कंट्रोल बटन दिए गए हैं ताकि ड्राइवर का ध्यान न भटके। इसमें 7-स्पीकर वाला साउंड सिस्टम और वायरलेस एप्पल कारप्ले और एंड्रॉइड ऑटो की सुविधा भी मिलेगी। नॉलेज पार्ट: क्या होता है प्लग-इन हाइब्रिड (PHEV) ऐसी कारें जिनमें पेट्रोल इंजन के साथ-साथ एक बड़ी बैटरी और इलेक्ट्रिक मोटर होती है। इन्हें बाहर से बिजली के जरिए चार्ज किया जा सकता है। ये कारें पूरी तरह बिजली पर भी चल सकती हैं और जरूरत पड़ने पर पेट्रोल इंजन का इस्तेमाल करती हैं, जिससे ज्यादा पावर और बेहतर माइलेज मिलता है।

दैनिक भास्कर 10 Feb 2026 10:53 am

टाटा-JLR के नए प्लांट से पहली रेंज रोवर इवोक रोलआउट:हर साल 2.50 लाख लग्जरी गाड़ियां बनेंगी, 5000 लोगों को नौकरी मिलेगी

तमिलनाडु में रानीपेट जिले के पनापक्कम में टाटा मोटर्स और जगुआर लैंड रोवर (JLR) का नया मैन्युफैक्चरिंग प्लांट शुरू हो गया है। प्लांट के उद्घाटन पर पहली मेड इन इंडिया रेंज रोवर इवोक को रोल आउट किया गया। इस मौके पर तमिलनाडु के मुख्यमंत्री MK स्टालिन ने कार को खुद चलाकर टेस्ट किया। इस दौरान टाटा संस के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन भी उनके बगल वाली सीट पर मौजूद थे। यह प्लांट भारत में JLR के लग्जरी मॉडल्स बनाने वाली अपनी तरह की पहली फैसिलिटी है। ₹9000 करोड़ का निवेश और 5000 नौकरियां पनापक्कम में बना यह ग्रीनफील्ड प्लांट करीब 470 एकड़ जमीन में फैला है। टाटा मोटर्स ने इस प्रोजेक्ट के लिए मार्च 2024 में तमिलनाडु सरकार के साथ MoU साइन किया था। सितंबर 2024 में इसकी आधारशिला रखी गई थी और अब रिकॉर्ड समय में यहां से पहली कार रोल-आउट हो गई है। राज्य के उद्योग मंत्री TRB राजा के अनुसार, इस प्लांट के शुरू होने से इलाके के 5000 लोगों को सीधे तौर पर रोजगार मिलेगा। हर साल बनेंगी 2.50 लाख गाड़ियां कंपनी ने बताया कि फैक्ट्री में उत्पादन को स्टेप-बाय-स्टेप तरीके से बढ़ाया जाएगा। अगले 5 से 7 साल में यह प्लांट अपनी पूरी क्षमता यानी सालाना 2.50 लाख वाहन बनाने के लक्ष्य को हासिल कर लेगा। यहां बनने वाली गाड़ियां न सिर्फ भारत के बाजार के लिए होंगी, बल्कि इन्हें विदेशों में एक्सपोर्ट भी किया जाएगा। पहले चरण में जगुआर लैंड रोवर की मशहूर 'रेंज रोवर इवोक' का प्रोडक्शन शुरू किया गया है। माइल्ड हाइब्रिड ऑप्शन के साथ आती है रेंज रोवर इवोक रेंज रोवर इवोक पेट्रोल और डीजल दोनों इंजन ऑप्शन के साथ आती है। इसमें एक 2.0-लीटर का चार-सिलेंडर पेट्रोल इंजन दिया गया है, जो 247bhp की अधिकतम पावर और 365Nm का मैक्सिमम टॉर्क जनरेट करता है। वहीं, दूसरा 2.0-लीटर का 4 सिलेंडर डीजल इंजन दिया गया है, जो 201bhp की पावर और 430Nm का टॉर्क जनरेट करती है। ट्रांसमिशन के लिए दोनों इंजन को 9-स्पीड ऑटोमेटिक गियरबॉक्स के साथ ट्यून किया गया है। दोनों इंजन में बेल्ट इंटीग्रेटेड स्टार्टर जनरेटर के साथ 48V माइल्ड-हाइब्रिड सिस्टम मिलता है जो ब्रेकिंग के दौरान एनर्जी जनरेट करता है और एक्सीलरेशन में मदद करता है। इस कार की कीमत 67.90 लाख रुपए है। पेट्रोल-डीजल के साथ बनेंगे इलेक्ट्रिक वाहन यह प्लांट टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स (TMPV) और JLR दोनों के लिए अगली पीढ़ी के वाहन तैयार करेगा। इसमें पारंपरिक ईंधन (ICE) वाली गाड़ियों के साथ-साथ इलेक्ट्रिक गाड़ियां (EV) भी बनाई जाएंगी। टाटा ग्रुप के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन ने कहा, यह उद्घाटन सस्टेनेबल और फ्यूचर-रेडी मैन्युफैक्चरिंग में भारत के नेतृत्व को बढ़ाने की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर है। हम तमिलनाडु के साथ अपनी ऐतिहासिक साझेदारी को और गहरा कर रहे हैं। 100% रिन्यूएबल एनर्जी से चलेगी फैक्ट्री सस्टेनेबिलिटी को ध्यान में रखते हुए इस प्लांट को 'ग्रीन मैन्युफैक्चरिंग' के मानकों पर बनाया गया है। कंपनी के मुताबिक...

दैनिक भास्कर 10 Feb 2026 10:35 am

आईटेल का बजट स्मार्टफोन A100 लॉन्च, शुरुआती कीमत ₹6,799:मिलिट्री सर्टिफाइड बॉडी और 6.6 इंच डिस्प्ले, 100 दिन तक फ्री स्क्रीन रिप्लेसमेंट करा सकेंगे

टेक कंपनी आईटेल ने आज 9 फरवरी को भारत में अपना नया स्मार्टफोन आईटेल A100 लॉन्च कर दिया है। स्मार्टफोन को मिलिट्री ग्रेड सर्टिफिकेशन बॉडी और 6.6 इंच डिस्प्ले के साथ पेश किया गया है। खास बात ये है कि कंपनी फोन के साथ 100 दिन तक फ्री स्क्रीन रिप्लेसमेंट वॉरंटी भी दे रही है। फोन को दो स्टोरेज वैरिएंट में उतारा गया है। इसमें 3GB रैम वैरियंट की कीमत 6,799 रुपए और 4GB रैम ऑप्शन की कीमत 7,499 रुपए रखी गई है। यह स्मार्टफोन भारतभर में रिटेल स्टोर्स पर आज से अवेलेबेल है। डिजाइन और बिल्ड: स्लिम बॉडी और प्रीमियम फिनिश फोन को पॉलीकार्बोनेट मटेरियल से बनाया गया है और ये मिलिट्री ग्रेड सर्टिफिकेशन (MIL-STD-810H) के साथ आया है, यानी रोजमर्रा के यूसेज में फोन काफी मजबूत है। फोन सिर्फ 8.49mm पतला है, जिससे यह हाथ में पकड़ने पर काफी स्लिम और प्रीमियम फील देता है। पीछे की तरफ स्टाइलिश टेक्स्चर दिया गया है। यहां कैमरा मॉड्यूल और फिंगरप्रिंट सेंसर की पोजीशन काफी क्लीन रखी गई है। आईटेल A100 में सिल्क ग्रीन, प्योर ब्लैक और टाइटेनियम गोल्ड जैसे तीन कलर ऑप्शन मिलेंगे। फोन के दाईं ओर पावर बटन और वॉल्यूम रॉकर्स दिए गए हैं। नीचे की तरफ चार्जिंग पोर्ट और स्पीकर ग्रिल मौजूद है। इसमें IR ब्लास्टर भी दिया गया है, जिससे आप टीवी और AC को रिमोट की तरह कंट्रोल कर सकते हैं। डिस्प्ले: 90Hz रिफ्रेश रेट और डायनामिक बार फोन में 6.6-इंच का HD+ IPS डिस्प्ले दिया गया है। बजट फोन होने के बावजूद इसमें 90Hz का रिफ्रेश रेट मिलता है, जिससे स्क्रॉलिंग और गेमिंग स्मूद रहती है। स्क्रीन पर वॉटरड्रॉप नॉच डिजाइन दिया गया है, जिसमें सेल्फी कैमरा मौजूद है। इसमें एपल के आईफोन में मिलने वाले डायनामिक आइलैंड जैसा 'डायनामिक बार' फीचर भी है, जो बैटरी स्टेटस और नोटिफिकेशन की जानकारी स्क्रीन के ऊपरी हिस्से में दिखाता है। स्पेसिफिकेशन्स: एंड्रॉइड 15 और वर्चुअल रैम परफॉरमेंस: इसमें ऑक्टा-कोर यूनिसोक T7100 प्रोसेसर दिया गया है। यह प्रोसेसर डेली टास्क जैसे सोशल मीडिया ब्राउजिंग और वीडियो कॉलिंग के लिए बेहतर है। सॉफ्टवेयर: यह फोन एंड्रॉएड 15 पर बेस्ड गो एडिशन पर चलता है, जो कम रैम वाले फोंस के लिए ऑप्टिमाइज्ड है। मेमोरी: फोन में वर्चुअल रैम की सुविधा भी है। 4GB वाले मॉडल में 8GB वर्चुअल रैम जोड़कर इसे 12GB तक बढ़ाया जा सकता है। दोनों वैरिएंट में 64GB की इंटरनल स्टोरेज मिलती है। खास फीचर: इसमें 'अल्ट्रालिंक' फीचर दिया गया है, जो कमजोर नेटवर्क वाले इलाकों में भी कनेक्टिविटी को बेहतर बनाए रखने का दावा करता है। 8MP कैमरा और 5000mAh बैटरी कैमरा: फोटोग्राफी के लिए पीछे की तरफ 8MP का AI रियर कैमरा दिया गया है। सेल्फी और वीडियो कॉल के लिए फ्रंट में 5MP का कैमरा मौजूद है। पावरबैकअप: फोन में 5000mAh की बैटरी है। इसके साथ बॉक्स में 10W का चार्जर मिलता है। कंपनी का दावा है कि फुल चार्ज पर फोन पूरे दिन आसानी से चल सकता है। सिक्योरिटी: फोन की सुरक्षा के लिए साइड-माउंटेड फिंगरप्रिंट सेंसर और फेस अनलॉक जैसे फीचर्स दिए गए हैं।

दैनिक भास्कर 9 Feb 2026 8:30 pm

EPFO मार्च-अप्रैल में नया मोबाइल एप लॉन्च करेगी:इसके जरिए UPI से PF का पैसा निकाल सकेंगे, अभी एप का ट्रायल चल रहा

एम्प्लॉई प्रोविडेंट फंड ऑर्गेनाइजेशन (EPFO) के मेंबर्स अब जल्द ही नए मोबाइल एप के जरिए UPI से PF का पैसा निकाल सकेंगे। मनीकंट्रोल की रिपोर्ट्स के मुताबिक, EPFO यह एप मार्च-अप्रैल 2026 में लॉन्च कर सकती है। अभी इसका ट्रायल चल रहा है और टेक्निकल गड़बड़ियां दूर की जा रही हैं। नया EPFO ​​एप, UMANG एप से अलग होगा। यह एप सब्सक्राइबर के बैंक अकाउंट से लिंक रहेगा। इसके अलावा यह BHIM एप और दूसरे UPI एप्स से भी लिंक होगा। जिससे मेंबर्स को PF का पैसा UPI के जरिए सीधे बैंक अकाउंट में ट्रांसफर करने की सुविधा मिलेगी। इसके लिए मेंबर्स को एप में लॉगिन करना होगा। जिसमें मेंबर अपना एलिजिबल EPF बैलेंस देख सकेंगे। फिर UPI PIN डालकर ट्रांजेक्शन पूरा कर सकेंगे। पैसा सीधे सीडेड बैंक अकाउंट में आ जाएगा। पासबुक बैलेंस चेक करने जैसी अन्य सर्विसेज भी एप में मिलेंगी। एप का ट्रायल और तैयारी EPFO 100 डमी अकाउंट्स से ट्रायल कर रहा है। टेस्टिंग के बाद कोई गड़बड़ी आए तो ठीक की जा रही है। लेबर मिनिस्ट्री इस प्रोजेक्ट पर काम कर रही है। EPFO के एक टॉप ऑफिसर ने बताया, EPF का कुछ हिस्सा फ्रोज रहेगा, बड़ा हिस्सा बैंक अकाउंट में UPI से निकाला जा सकेगा। एप लॉन्च मार्च-अप्रैल में किया जाएगा। मेंबर्स को क्या फायदा मिलेगा यह सुविधा PF निकासी को आसान और तेज बनाएगी। बीमारी, शिक्षा, शादी, घर जैसी जरूरतों के लिए जल्दी पैसा मिल सकेगा। EPFO सर्विसेज को बैंकिंग लेवल पर लाने की कोशिश है। मौजूदा UMANG और UAN पोर्टल भी चलते रहेंगे, नई एप अलग से आएगी। PF निकासी की फिलहाल क्या व्यवस्था है अभी EPFO में UAN पोर्टल या UMANG एप से क्लेम फाइल करके PF निकालते हैं। इन दोनों प्रोसेस में थोड़ा समय लगाता है। हर साल 5 करोड़ से ज्यादा क्लेम सेटल होते हैं, जिसमें ज्यादातर EPF विड्रॉल के रहते हैं। ऑटो-सेटलमेंट से कोविड में 3 दिन में क्लेम सेटल होने लगा था। लिमिट भी 1 लाख से बढ़ाकर 5 लाख कर दी गई है। लेकिन EPFO बैंकिंग लाइसेंस नहीं होने से डायरेक्ट विड्रॉल नहीं दे सकता। EPFO के करीब 8 करोड़ मेंबर्स हैं EPFO के करीब 8 करोड़ मेंबर्स हैं। यह रिटायरमेंट फंड मैनेज करता है। ऑनलाइन सर्विसेज पहले से ही मजबूत हैं, लेकिन UPI इंटीग्रेशन से और सुविधा बढ़ेगी। सरकार EPFO 3.0 अपग्रेड के तहत डिजिटल क्लेम, फास्टर वेरिफिकेशन जैसी चीजें ला रही है। UPI विड्रॉल अप्रैल से शुरू होने की उम्मीद है। नौकरी जाने पर एक महीने के बाद निकाल सकेंगे PF का 75% पैसा PF विड्रॉल के नियम के तहत अगर किसी मेंबर की नौकरी चली जाती है तो वह 1 माह के बाद PF अकाउंट से 75% पैसा निकाल सकता है। इससे वह बेरोजगारी के दौरान अपनी जरूरतें पूरी कर सकता है। PF में जमा बाकी 25% हिस्से को जॉब छूटने के दो महीने बाद निकाला जा सकता है। ये खबर भी पढ़ें… G20 देशों में इंडियन इकोनॉमी की ग्रोथ सबसे तेज: ग्लोबल रेटिंग एजेंसी का अनुमान- अगले वित्त वर्ष भारत की GDP 6.4% की दर से बढ़ेगी ग्लोबल रेटिंग एजेंसी मूडीज ने सोमवार को भारतीय इकोनॉमी को लेकर नए अनुमान जारी किए हैं। मूडीज के मुताबिक, अगले वित्त वर्ष (2026-27) में भारत की GDP 6.4% की दर से बढ़ सकती है। मूडीज ने कहा कि यह रफ्तार दुनिया की प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं वाले G20 देशों के ग्रुप में सबसे ज्यादा होगी। एजेंसी ने इसके पीछे मजबूत घरेलू खपत, सरकार के नीतिगत फैसलों और देश के स्थिर बैंकिंग सिस्टम को मुख्य वजह बताया। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 9 Feb 2026 6:05 pm

ब्राइट येलो कलर में दिखा पंच EV का फर्स्ट लुक:421km की रेंज के साथ ADAS सेफ्टी और वेंटिलेटेड सीट्स जैसे फीचर, 20 फरवरी को आएगी

टाटा मोटर्स ने अपनी पॉपुलर इलेक्ट्रिक SUV पंच ईवी का फेसलिफ्ट मॉडल का फर्स्ट लुक रिवील कर दिया है। कंपनी इसे 20 फरवरी को भारत में लॉन्च करने की तैयारी कर रही है। पंच EV जनवरी 2024 पहली बार भारत में लॉन्च हुई थी। अब दो साल बाद इसे पहला बड़ा अपडेट दिया जाएगा। नई पंच EV कनेक्टेड LED टेललाइट्स, 12.3 इंच की स्क्रीन और वेंटिलेटेड सीट्स जैसे लग्जरी फीचर्स के साथ आएगी। सेफ्टी के लिए 6 एयरबैग्स और 360 कैमरा जैसे फीचर्स स्टैंडर्ड मिलेंगे। इसके साथ पहली बार एडवांस्ड ड्राइवर असिस्टेंस सिस्टम (ADAS) फीचर्स भी दिया जा सकता है। कीमत और मुकाबला: मौजूदा मॉडल से थोड़ी महंगी हो सकती है कार टाटा पंच ईवी फेसलिफ्ट की कीमतों का खुलासा 20 फरवरी को लॉन्चिंग के दौरान होगा। फिलहाल मौजूदा पंच ईवी की एक्स-शोरूम कीमत ₹9.99 लाख से ₹14.44 लाख के बीच है। माना जा रहा है कि नए फीचर्स और डिजाइन अपडेट के बाद इसकी कीमतों में थोड़ी बढ़ोतरी हो सकती है। बाजार में इसका सीधा मुकाबला सिट्रोएन eC3 और आने वाली हुंडई एक्सटर EV से रहेगा। एक्सटीरियर डिजाइन: बदला हुआ फ्रंट लुक और नए अलॉय व्हील्स फ्रंट प्रोफाइल: कार के अगले हिस्से में सबसे बड़ा बदलाव इसकी ग्रिल और लाइट सेटअप में है। फेसलिफ्ट मॉडल में हेडलैम्प्स को जोड़ने वाली काली पट्टी को हटा दिया गया है। साथ ही कनेक्टेड LED DRLs के डिजाइन में भी बदलाव किया गया है। फ्रंट स्कफ प्लेट को भी नया किया गया है। साइड और रियर: साइड प्रोफाइल में नेक्सॉन ईवी से इन्सपायर्ड नए 'एरो-ऑप्टिमाइज्ड' अलॉय व्हील्स दिए गए हैं, जो रेंज बढ़ाने में मदद करते हैं। पीछे की तरफ इसके पेट्रोल वर्जन की तरह कनेक्टेड LED टेल-लैम्प मिलने की उम्मीद है। कलर ऑप्शन: कंपनी ने इसमें एक नया 'ब्राइट येलो' कलर पेश किया है, जो हैरियर के सनलिट येलो जैसा दिखता है। इसमें कॉन्ट्रास्टिंग ब्लैक रूफ (डुअल टोन) का विकल्प भी मिलेगा। इंटीरियर: 12.3 इंच की बड़ी स्क्रीन और लग्जरी केबिन केबिन के अंदर कंपनी ने टेक्नोलॉजी और कंफर्ट पर फोकस किया है... परफॉरमेंस: 9.5 सेकंड में 0-100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार मैकेनिकल तौर पर नई पंच ईवी में बड़े बदलाव की उम्मीद कम ही है। इसमें पहले की तरह दो बैटरी ऑप्शंस मिल सकते हैं। सेफ्टी फीचर्स: ADAS और 6 एयरबैग्स से होगी लैस

दैनिक भास्कर 9 Feb 2026 3:11 pm

सैमसंग गैलेक्सी F70e भारत में लॉन्च:लैदर फिनिश डिजाइन के साथ 50MP कैमरा और 6000mAh बैटरी, शुरुआती कीमत ₹12,999

सैमसंग इंडिया ने आज 9 फरवरी को भारत में F सीरीज में नया स्मार्टफोन गैलेक्सी F70e लॉन्च कर दिया है। बजट स्मार्टफोन को 50MP कैमरा, 6000mAh बैटरी, मीडियाटेक डायेमेंसिटी 6300 प्रोसेसर और 6.7-इंच के HD+ LCD डिस्प्ले के साथ उतारा गया है। सैमसंग गैलेक्सी F70e को दो वैरियंट में पेश किया गया है। इसमें 4GB रैम + 128GB स्टोरेज वाले की कीमत 12,999 रुपए रखी गई है। वहीं, 6GB रैम + 128GB स्टोरेज वाले टॉप मॉडल की कीमत 14,999 रुपए है। इसकी सेल 17 फरवरी से शुरू होगी। डिजाइन: लैदर फिनिश के साथ प्रीमियम लुक नए सैमसंग फोन का बैक पैनल लैदर फिनिश के साथ आया है, जो प्रीमियम और सॉफ्ट फील देता है। यह डिजाइन इसे उंगलियों के निशान और छोटे-मोटे स्क्रैच से भी बचाता है। कंपनी इसे दो कलर ऑप्शन- लाइमलाइट ग्रीन और स्पॉटलाइट ब्लू के साथ पेश किया है। सामने की तरफ स्क्रीन में पतले बेजल्स हैं। फोन में टाइप-C चार्जिंग पोर्ट और जरूरी बटन दिए गए हैं। इस सैमसंग स्मार्टफोन को IP54 रेटिंग के साथ पेश किया जाएगा जो पानी की बौछारों से बचाने में मदद करेगा। सैमसंग गैलैक्सी F70e: स्पेसिफिकेशंस डिस्प्ले: सैमसंग गैलेक्सी F70e में कंपनी ने 1600 x 720 पिक्सल रेजोल्यूशन वाली 6.7-इंच की HD+ स्क्रीन दी है। यह इनफिनिटी ‘यू’ वॉटरड्रॉप नॉच डिस्प्ले है, जो LCD पैनल पर बनी है। इसमें 120Hz रिफ्रेश रेट के साथ 800 निट्स पीक ब्राइटनेस का सपोर्ट भी दिया गया है। कैमरा: फोटोग्राफी के लिए फोन के बैक पैनल पर डुअल रियर कैमरा सेटअप दिया गया है। इसमें LED फ्लैश के साथ 50 मेगापिक्सल मेन सेंसर और 2 मेगापिक्सल डेप्थ सेंसर शामिल है। वहीं, सेल्फी और वी​डियो कॉलिंग के लिए 8 मेगापिक्सल फ्रंट कैमरा दिया गया है। बैटरी: सैमसंग गैलैक्सी F70e में पावर बैकअप के लिए 6,000mAh की बैटरी दी गई है। सैमसंग के मुताबिक यह भारी इस्तेमाल के बावजूद आसानी से 2 दिन तक चल सकती है। बैटरी चार्ज करने के लिए फोन में 25W फास्ट चार्जिंग का सपोर्ट दिया गया है। परफॉर्मेंस: फोन को मीडियाटेक डायमेंसिटी 6300 ऑक्टा-कोर प्रोसेसर के साथ लॉन्च किया गया है। यह 6 नैनोमीटर फेब्रिकेशन्स पर बना मोबाइल चिपसेट है, जो 2.0GHz से लेकर 2.4GHz तक की क्लॉक स्पीड पर रन कर सकता है। मीडियाटेक ने इस प्रोसेसर को 2024 में पेश किया था। ऐसे में गैलेक्सी F70e में 2 साल पुराना प्रोसेसर दिया जाना, सैमसंग फैंस को निराश कर सकता है। हालांकि फोन एंड्रॉयड बेस्ड OneUI 8 ऑपरेटिंग सिस्टम के साथ आया है, जिसमें 6 OS और सिक्योरिटी अपडेट मिलेगा।

दैनिक भास्कर 9 Feb 2026 2:09 pm

एपल मार्च में लॉन्च कर सकता है सस्ता आईफोन 17e:लेटेस्ट A19 चिप और मैगसेफ चार्जिंग मिलेगी; कीमत ₹50 हजार के करीब संभव

एपल अगले महीने अपने किफायती आईफोन लाइनअप में नया मॉडल 'आईफोन 17e' लॉन्च कर सकता है। इस सस्ते आईफोन में भी लेटेस्ट A19 चिपसेट मिलने की उम्मीद है। ये चिप अभी आईफोन 17 सीरीज में मिलती है। रैम और स्टोरेज की बढ़ती कीमतों के बावजूद एपल इसकी कीमत 599 डॉलर यानी, करीब 50 हजार रुपए के आसपास रख सकता है। भारत जैसे इमर्जिंग मार्केट्स पर एपल की नजर द वर्ज की रिपोर्ट के मुताबिक, एपल को लगता है कि इस सेगमेंट में फिलहाल कॉम्पिटिशन कम है। गूगल के अपकमिंग पिक्सल 10a में ज्यादा बदलाव की उम्मीद नहीं है और सैमसंग का पूरा फोकस प्रीमियम यानी महंगे स्मार्टफोन्स पर है। ऐसे में एपल एक पावरफुल चिपसेट वाला किफायती फोन लाकर भारत जैसे इमर्जिंग मार्केट्स को टारगेट करना चाहता है। मैगसेफ चार्जिंग और एपल की खुद की सेलुलर चिप मिलेगी आईफोन 17e में कंपनी पहली बार अपनी इन-हाउस सेलुलर चिप (मॉडम) इस्तेमाल कर सकती है। अब तक कंपनी इसके लिए क्वालकॉम पर निर्भर थी। इसके अलावा, इसमें मैगसेफ वायरलेस चार्जिंग का सपोर्ट भी मिल सकता है। यह पिछले साल लॉन्च हुए आईफोन 16e का अपग्रेडेड वर्जन होगा। नए आईपैड और आईपैड एयर भी लॉन्च होंगे एपल केवल फोन ही नहीं, बल्कि अपने टैबलेट लाइनअप को भी अपडेट करने जा रहा है। मार्च के इवेंट में नया बेस मॉडल आईपैड और आईपैड एयर लॉन्च हो सकते हैं। बेस मॉडल आईपैड में A18 चिप मिलेगी, जिसका मतलब है कि इसमें 'एप्पल इंटेलिजेंस' (AI) का सपोर्ट मिलेगा। वहीं, नए आईपैड एयर में कंपनी M4 चिप और OLED डिस्प्ले दे सकती है। M5 प्रोसेसर के साथ आएंगे नए मैकबुक लैपटॉप सेगमेंट में भी एपल बड़े अपडेट की तैयारी में है। कंपनी मैकबुक प्रो के स्पेसिफिकेशन अपडेट करने के साथ ही नया मैकबुक एयर भी पेश कर सकती है। इस नए मैकबुक एयर में कंपनी का लेटेस्ट M5 प्रोसेसर लगा होगा, जो परफॉर्मेंस और बैटरी लाइफ को और बेहतर बनाएगा। नॉलेज पार्ट: क्या है एपल इंटेलिजेंस (AI) एपल का अपना आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सिस्टम जो लिखने, फोटो एडिट करने और सिरी को ज्यादा स्मार्ट बनाने में मदद करता है। iPhone 17e और नए आईपैड में यह फीचर मिलने से यूजर्स के लिए एआई का इस्तेमाल आसान हो जाएगा। --------------------------- ये खबर भी पढ़े… इस साल आईफोन 18 की लॉन्चिंग टल सकती है:सिर्फ फोल्डेबल और प्रो मॉडल्स लाएगी एपल, वजह- महंगी चिप टेक कंपनी एपल आमतौर पर हर साल सितंबर में अपनी नई आईफोन सीरीज के चार मॉडल लॉन्च करती है, लेकिन इस बार कंपनी अपनी स्ट्रैटेजी में बड़ा बदलाव करने की तैयारी कर रही है। एक रिपोर्ट के अनुसार, एपल 2026 के अपने एनुअल इवेंट में आईफोन 18 का बेस मॉडल लॉन्च नहीं करेगा। कंपनी इसे साल 2027 की पहली छमाही तक के लिए टाल सकती है। पूरी खबर पढ़े…

दैनिक भास्कर 9 Feb 2026 12:33 pm

होंडा डियो 125 'X-एडिशन' लॉन्च, शुरुआती कीमत ₹87,733:स्पोर्टी ग्राफिक्स के साथ 8.3hp पावरफुल इंजन, TVS एनटॉर्क से मुकाबला

होंडा मोटरसाइकिल एंड स्कूटर इंडिया (HMSI) ने अपने पॉपुलर स्कूटर डियो 125 का नया 'X-एडिशन' लॉन्च किया है। इस नए एडिशन की सबसे बड़ी खासियत इसका नया पेंट स्कीम और कॉन्ट्रास्टिंग रेड अलॉय व्हील्स हैं, जो इसे स्टैंडर्ड मॉडल से अलग बनाते हैं। हालांकि, मैकेनिकली यह स्कूटर पुराने मॉडल जैसा ही है। होंडा डियो 125 का X-एडिशन स्पोर्टी ग्राफिक्स और 8.3hp पावरफुल इंजन के साथ आएगा। इसकी एक्स-शोरूम कीमत ₹87,733 रखी गई है। यह कीमत इसके स्टैंडर्ड बेस वैरिएंट से ₹1,000 ज्यादा है। हालांकि, टॉप-एंड 'H-स्मार्ट' वैरिएंट से लगभग ₹3,950 सस्ता है। भारत में इसका मुकाबला TVS एनटॉर्क से रहेगा। डिजाइन और कलर: नया डुअल-टोन अवतार होंडा Dio: इंजन और पावर स्कूटर में 123.97CC का सिंगल सिलेंडर PGM-FI अपडेटेड ऑन-बोर्ड डाइग्नोस्टिक-2 (OBD2) फैन कूल्ड, 4 स्ट्रोक, SI इंजन दिया गया है। इंजन eSP के साथ आता है, जो स्कूटर को साइलेंट तरीके से स्टार्ट करने के लिए तैयार करता है। ये इंजन 8000rpm पर 8.19 bhp की पावर और 4750rpm पर 10.4 Nm का पीक टॉर्क जनरेट करता है। स्कूटर E-20 कंप्लाइंट पेट्रोल पर भी चलेगा।

दैनिक भास्कर 7 Feb 2026 5:23 pm

फरारी अमाल्फी भारत में लॉन्च, कीमत ₹5.59 करोड़:सुपोर्ट्स कार में 640hp पावरफुल V8 इंजन, सिर्फ 3.3 सेकंड में 100kmph की स्पीड

इटली की सुपरकार बनाने कंपनी फरारी ने आज 6 फरवरी को भारत में अपनी नई एंट्री-लेवल मॉडल फरारी अमाल्फी को लॉन्च कर दिया है। अमाल्फी को 2+2 सीटिंग लेआउट डिजाइन के साथ पेश किया गया है। इसका डिजाइन जुलाई 2021 में आई फरारी रोमा से इन्सपायर्ड है। अमाल्फी का डिजाइन न सिर्फ स्पीड बल्कि लग्जरी और डेली ड्राइविंग के लिए भी अच्छा ऑप्शन है। इसके फ्रंट में 640hp पावरफुल V8 इंजन है। कंपनी का दावा है कि कार सिर्फ 3.3 सेकंड में 100kmph की स्पीड हासिल कर सकती है। अमाल्फी एक्स-शोरूम कीमत ₹5.59 करोड़ रखी गई है। इसकी बुकिंग शुरू कर दी है। हालांकि, इसकी डिलीवरी को लेकर जानकारी नहीं दी गई है। भारत में इसका सीधा मुकाबला ₹4.29 करोड़ कीमत वाली एस्टन मार्टिन वैंटेज से होगा। अमाल्फी का नाम इटली की अमाल्फी कोस्ट से इन्सपायर्ड है, जो दक्षिणी इटली में सालेर्नो की खाड़ी के पास एक खूबसूरत बीच है। एक्सटीरियर डिजाइन: स्मूद डोर हैंडल्स और 20 इंच के अलॉय व्हील्स फरारी अमाल्फी के लुक्स की बात करें तो इसका एयरोडायनामिक डिजाइन स्पोर्टी और स्टाइल का कॉम्बो नजर आता है। कंपनी का कहना है कि ग्लासहाउस टॉप को छोड़कर कार की पूरी बॉडी बिल्कुल नई है। सबसे बड़ा बदलाव इसके फ्रंट में दिखता है, जहां रोमा की शार्क नोज और ग्रिल की जगह फरारी पुरोसांग्वे SUV जैसा डिजाइन दिया गया है। नए पतले हेडलाइट्स को एक ब्लैक बार से जोड़ा गया है। इसके नीचे की ओर न्यू डिजाइन लिप्स हैं। हेडलाइट्स के पास नए एयर डक्ट्स हैं, जो हवा के प्रेशर को कम करते हैं और टर्बोज को ज्यादा हवा भेजते हैं। अमाल्फी के साइड प्रोफाइल में स्मूथ कर्व्स और एयरोडायनामिक लाइन्स इसे स्पोर्टी वाइब्स देती हैं। यहां स्मूद डोर हैंडल्स और 20 इंच के अलॉय व्हील्स दिए गए हैं। रियर में एक नया एक्टिव स्पॉइलर है, जो हवा को बेहतर तरीके से मैनेज करता है और 250kmph मील प्रति घंटे की स्पीड पर 110kg का डाउनफोर्स जनरेट करता है। यह रोमा से 110 किलो ज्यादा है। यानी, तेज रफ्तार में भी गाड़ी रोड पर मजबूती से टिकी रहेगी। पीछे की तरफ टेललाइट्स में हल्का बदलाव और डिफ्यूजर पर नंबर प्लेट की जगह को थोड़ा शिफ्ट किया गया है। कार में 35 कलर ऑप्शन मिलते हैं। इनमें 8 स्टैंडर्ड, 6 हिस्टोरिकल, 14 क्लासिक, 6 स्पेशल और 1 मैट कलर शामिल हैं। इंटीरियर: प्रीमियम लेदर अप्होल्स्ट्री और डैशबोर्ड पर तीन टच स्क्रीन फरारी अमाल्फी का केबिन रोमा की तरह ही है, लेकिन ये थोड़ा अपग्रेडेड है। इंटीरियर में प्रीमियम लेदर, कार्बन फाइबर और मॉडर्न टचस्क्रीन डिस्प्ले का कॉम्बिनेशन है, जो इसे लग्जरी और स्पोर्ट्स कार का परफेक्ट कॉम्बो बनाता है। सबसे खास बात, स्टीयरिंग पर रोमा के टच स्विच की जगह फिजिकल बटन्स आए हैं, जिसमें रेड स्टार्ट/स्टॉप बटन भी शामिल है। पीछे की दो सीट्स भी पहले जैसी हैं। कार में सॉलिड एल्यूमिनियम से बना एक फ्लोटिंग सेंट्रल कंसोल है, जिसमें गियर सिलेक्टर, चाबी का स्लॉट, वायरलेस चार्जिंग पैड और कुछ छोटे कंट्रोल्स दिए गए हैं। डैशबोर्ड पर डिजिटल स्क्रीन अब 8.4-इंच की जगह 10.25-इंच की है, जो वायरलेस एपल कारप्ले और एंड्रॉएड ऑटो सपोर्ट करती है। 8.8-इंच पैसेंजर स्क्रीन वही है, लेकिन ड्राइवर डिस्प्ले 15.6 इंच से 15.2 इंच का हो गया है। परफॉर्मेंस: ट्विन-टर्बो V8 इंजन के साथ 320kmph की टॉप स्पीड फरारी अमाल्फी में परफॉर्मेंस के लिए रोमा वाला 3.9-लीटर का ट्विन-टर्बो V8 इंजन दिया गया है, जो 640hp की पावर (रोमा से 20hp ज्यादा) और 760Nm का टॉर्क जनरेट करता है। वहीं ट्रांसमिशन के लिए इंजन को 8-स्पीड डुअल-क्लच गियरबॉक्स के साथ ट्यून किया गया है। 1.3 किलो हल्का कैमशाफ्ट डालकर इंजन की रफ्तार (खासकर ऊंचे गियर्स में) बढ़ाई गई है। साथ में नया ECU भी लगाया है, जो परफॉर्मेंस को बूस्ट करता है। इससे कार सिर्फ 3.3 सेकेंड में 0-100kmph और 9 सेकेंड में 0-200kmph की रफ्तार पकड़ सकती है। कार की टॉप स्पीड 320kmph की है। वहीं, ब्रेकिंग की बात करें तो कार 100kmph की स्पीड पर ब्रैक लगाने पर 30.8 मीटर में डिस्टेंस में रुकेगी। वहीं, 200kmph की स्पीड में ब्रेकिंग पर 119.5 मीटर दूर रुकेगी। सेफ्टी फीचर्स: एडवांस्ड ADAS से लैस फरारी अमाल्फी में सुरक्षा के लिए एडवांस्ड ड्राइवर असिस्टेंस सिस्टम (ADAS) दिया गया है। इसमें अडेप्टिव क्रूज कंट्रोल, लेन कीप असिस्ट, ब्लाइंड स्पॉट मॉनिटरिंग और ऑटोमैटिक इमरजेंसी ब्रेकिंग जैसे फीचर्स शामिल हैं। इसके अलावा बेहतर ब्रेकिंग के लिए इसमें 296 GTB से इन्स्पायर्ड ABS इवो कंट्रोल यूनिट दी गई है।

दैनिक भास्कर 6 Feb 2026 9:01 pm

सैमसंग गैलेक्सी S26 सीरीज 25 फरवरी को आ सकती है:टाइटेनियम बॉडी के साथ स्नैपड्रैगन एलीट जेन 5 प्रोसेसर, अल्ट्रा मॉडल में 200MP कैमरा मिलेगा

कोरियन टेक कंपनी सैमसंग अपनी फ्लैगशिप स्मार्टफोन सीरीज गैलेक्सी S26 लॉन्च करने की तैयारी कर रही है। कंपनी इस साल भी तीन नए मॉडल्स- गैलेक्सी S26, S26 प्लस और S26 अल्ट्रा बाजार में उतार सकती है। इस बार मुख्य फोकस एडवांस AI फीचर्स, स्लिम डिजाइन और अल्ट्रा मॉडल में मिलने वाले पावरफुल 'स्नैपड्रैगन एलीट जेन 5' प्रोसेसर पर है। तीनों फोन एनुअल इवेंट 'गैलेक्सी अनपैक्ड' में पेश किए जाएंगे। फिलहाल कंपनी ने लॉन्च डेट की घोषणा नहीं की है, लेकिन मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि ये इवेंट 25 फरवरी को होगा। सीरीज के बेस मॉडल गैलेक्सी S26 की शुरुआती कीमत ₹79,999 हो सकती है। वहीं, गैलेक्सी S26 प्लस ₹99,999 और सबसे प्रीमियम मॉडल गैलेक्सी S26 अल्ट्रा ₹1,29,000 की शुरुआती कीमत में आ सकते हैं। अल्ट्रा के 1TB वैरिएंट की कीमत ₹1.60 लाख तक जा सकती है। डिजाइन और बिल्ड क्वालिटी: स्लिम बॉडी और टाइटेनियम फ्रेम गैलेक्सी S26 सीरीज में इस बार डिजाइन को लेकर बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। मटेरियल: अल्ट्रा मॉडल में ग्रेड-5 टाइटेनियम फ्रेम का इस्तेमाल जारी रहेगा, जबकि बाकी मॉडल्स में मजबूत एल्युमिनियम फ्रेम मिल सकता है। डायमेंशन: स्टैंडर्ड S26 की थिकनेस मात्र 6.9mm होने की खबर है, जो इसे काफी स्लिम और कॉम्पैक्ट बनाएगी। इसका वजन भी काफी हल्का रहने की उम्मीद है, जिससे वन-हैंड यूज आसान होगा। बैक पैनल: पीछे की तरफ मैट फिनिश ग्लास मिलेगा जिस पर उंगलियों के निशान कम पड़ेंगे। अल्ट्रा मॉडल का डिजाइन थोड़ा बॉक्सी होगा, जबकि बाकी दोनों मॉडल कर्व्ड कॉर्नर के साथ आएंगे। फ्रंट डिस्प्ले: फ्रंट में बेहद पतले बेजल्स (Bezels) के साथ सेंटर पंच-होल सेल्फी कैमरा दिया गया है। कलर ऑप्शन: इस बार फैंटम ब्लैक, क्रीम और ग्रीन के अलावा कुछ नए टाइटेनियम शेड्स देखने को मिल सकते हैं। सेफ्टी रेटिंग: पूरी सीरीज IP68 रेटिंग के साथ आएगी, जो इसे पानी और धूल से सुरक्षित रखेगी।

दैनिक भास्कर 6 Feb 2026 5:47 pm

टाटा पंच EV फेसलिफ्ट 20 फरवरी को लॉन्च होगी:ADAS सेफ्टी के साथ वेंटिलेटेड सीट्स जैसे लग्जरी फीचर्स, फुल चार्ज में 421km चलेगी

टाटा मोटर्स अपनी पॉपुलर इलेक्ट्रिक SUV पंच ईवी का फेसलिफ्ट मॉडल 20 फरवरी को भारत में लॉन्च करने की तैयारी कर रही है। पंच EV जनवरी 2024 पहली बार भारत में लॉन्च हुई थी। अब दो साल बाद इसे पहला बड़ा अपडेट दिया जाएगा। नया फेसलिफ्ट मॉडल काफी हद तक पंच के पेट्रोल (ICE) वर्जन से इंस्पायर्ड होगा, जिसे पिछले महीने ही अपडेट किया गया है। नई पंच EV 12.3 इंच की स्क्रीन, कनेक्टेड LED टेललाइट्स और वेंटिलेटेड सीट्स जैसे लग्जरी फीचर्स के साथ आएगी। वहीं, सेफ्टी के लिए 6 एयरबैग्स और 360 कैमरा जैसे फीचर्स स्टैंडर्ड मिलेंगे। इसके साथ पहली बार कार में एडवांस्ड ड्राइवर असिस्टेंस सिस्टम (ADAS) फीचर्स भी दिया जा सकता है। नई पंच ईवी की एक्स-शोरूम शुरुआती कीमत ₹11 से ₹15 लाख के बीच हो सकती है।

दैनिक भास्कर 6 Feb 2026 2:36 pm

होंडा शाइन 125 लिमिटेड एडिशन भारत में लॉन्च:नए डिजाइन ग्राफिक्स के साथ ब्लूटूथ कनेक्टिविटी और नेविगेशन जैसे फीचर्स, कीमत ₹84,493

होंडा मोटरसाइकिल एंड स्कूटर इंडिया ने अपनी सबसे पॉपुलर बाइक में से एक शाइन 125 का लिमिटेड एडिशन भारत में लॉन्च किया है। यह नया वैरिएंट शाइन 125 के 'डिस्क' मॉडल पर बेस्ड है। कंपनी ने इसे स्टैंडर्ड मॉडल की तुलना में ज्यादा प्रीमियम बनाने के लिए कई कॉस्मेटिक बदलाव किए हैं। बाइक दो वैरिएंट- ड्रम और डिस्क में अवेलेबल है। ड्रम वैरिएंट की कीमत 84,493 रुपए और डिस्क वैरिएंट की प्राइस 89,245 रुपए (एक्स-शोरूम दिल्ली) रखी गई है। खास बात यह है कि यह अपने स्टैंडर्ड डिस्क वैरिएंट की तुलना में सिर्फ 1,000 रुपए महंगी है। होंडा शाइन 125 में ब्लूटूथ कनेक्टिविटी और नेविगेशन जैसे फीचर्स दिए गए हैं। 125cc कम्यूटर मोटरसाइकिल सेगमेंट में इसका मुकाबला हीरो ग्लैमर एक्सटैक, हीरो सुपर स्प्लेंडर, TVS राइडर से है। डिजाइन: नए ग्राफिक्स और कलरफुल अलॉय व्हील्स लिमिटेड एडिशन में मुख्य बदलाव इसके लुक में किए गए हैं- टैंक ग्राफिक्स: फ्यूल टैंक पर दिए गए 'Shine' ग्राफिक्स को रिवाइज किया गया है, जो अब पहले से ज्यादा बोल्ड दिखते हैं। अलॉय व्हील्स: बाइक का सबसे बड़ा हाइलाइट इसमें पाइराइट ब्राउन कलर के अलॉय व्हील्स दिए गए हैं, जो इसके बॉडी कलर को अच्छा कॉन्ट्रास्ट देते हैं और नए डेकल्स भी हैं। क्रोम फिनिश: हेडलाइट के चारों ओर क्रोम ट्रिम, साइड पैनल और एग्जॉस्ट (साइलेंसर) कवर पर क्रोम का काम पहले की तरह ही है। कलर ऑप्शन: यह लिमिटेड एडिशन 'पर्ल सायरन ब्लू' कलर में उपलब्ध होगा, जो स्टैंडर्ड बाइक में भी मिलता है। बाइक में एक लंबी सिंगल-पीस सीट है, जिसके अंत में बॉडी-कलर ग्रैब रेल है। परफॉर्मेंस: स्टार्ट-स्टॉप सिस्टम के साथ 123.94cc सिंगल-सिलेंडर इंजन नई होंडा शाइन 125 में परफॉर्मेंस के लिए अब 123.94cc सिंगल-सिलेंडर, एयर-कूल्ड, OBD2B कंप्लायंट इंजन है, जो 10.63hp की पावर और 11Nm का टॉर्क जनरेट करता है और ट्रासंमिशन के लिए इसे 5-स्पीड गियरबॉक्स के साथ ट्यून किया गया है। बाइक में होंडा का आइडल स्टार्ट-स्टॉप सिस्टम भी है, जो बाइक को खड़े रहने पर बंद कर देता है और थ्रॉटल के घुमाव पर इसे फिर से स्टार्ट करता है। इससे माइलेज बेहतर होता है। इसमें साइलेंट इग्निशन के लिए ACG (अल्टरनेटिंग करंट जेनरेटर) स्टार्टर भी है। हार्डवेयर: 18-इंच के अलॉय व्हील और कंबाइंड ब्रेकिंग सिस्टम शाइन 125 में कंफर्ट राइडिंग के लिए टेलिस्कोपिक फोर्क्स और 5-स्टेप प्रीलोड एडजस्टेबिलिटी के साथ ट्विन-शॉक एब्जॉर्बर मिलते हैं। बाइक में 18-इंच के अलॉय व्हील हैं, इन पर आगे की तरफ 80-सेक्शन ट्यूबलेस टायर और पीछे नया और चौड़ा 90-सेक्शन ट्यूबलेस टायर है, जो इसकी स्टेबिलिटी को बढ़ाता है। ब्रेकिंग के लिए डिस्क वैरिएंट में 240mm फ्रंट डिस्क और ड्रम वैरिएंट में 130mm फ्रंट ड्रम ब्रेक हैं। बाइक में दोनों वैरिएंट में 130mm रियर ड्रम ब्रेक है, जो सुरक्षा को बढ़ाने के लिए CBS (कंबाइंड ब्रेकिंग सिस्टम) के साथ आता है। फीचर्स: फुली डिजिटल इंस्ट्रूमेंट कंसोल बाइक में अब फुली डिजिटल इंस्ट्रूमेंट कंसोल दिया गया है, जो स्पीडोमीटर, ओडोमीटर, ट्रिपमीटर, फ्यूल गेज, गियर पोजिशन इंडिकेटर, रियल-टाइम फ्यूल इकॉनमी, डिस्टेंस टू एम्प्टी और पावर मोड इंडिकेटर के रीडआउट दिखाता है। इसके अलावा बाइक में साइड-स्टैंड इंजन कट-ऑफ फीचर और UBS टाइप-C चार्जिंग पोर्ट भी दिया गया है।

दैनिक भास्कर 5 Feb 2026 8:34 pm

गूगल ला रहा सस्ता AI फोन पिक्सल 10a:फ्लैट कैमरे वाला नया डिजाइन, प्रीमियम AI फीचर्स; 18 फरवरी को लॉन्च होगा

गूगल ने अपने किफायती स्मार्टफोन पिक्सल 10a की लॉन्चिंग का ऐलान कर दिया है। कंपनी ने एक यूट्यूब वीडियो में बताया कि नया AI-पावर्ड फोन 18 फरवरी को पेश किया जाएगा। यह पिक्सल 10 सीरीज का सबसे सस्ता मॉडल होगा, जिसे कम कीमत में प्रीमियम AI फीचर्स देने के लिए डिजाइन किया गया है। यह लॉन्चिंग एपल के नए किफायती आईफोन 17e के संभावित ऐलान से कुछ हफ्ते पहले हो रही है, जिसे ऐपल मार्च में पेश कर सकता है। कैमरा डिजाइन में बड़ा बदलाव: पीछे की तरफ 'बंप' नहीं दिखेगा गूगल की ओर से जारी टीजर वीडियो में डिजाइन की झलक मिली है। फोन का लुक काफी हद तक पुराने मॉडल जैसा ही है, लेकिन सबसे बड़ा बदलाव इसके कैमरा सेटअप में है। इस बार गूगल ने 'फ्लश' डिजाइन दिया है, यानी फोन के पीछे कैमरा सेटअप बिल्कुल सपाट होगा। पिछले मॉडल पिक्सल 9a में कैमरे के चारों ओर एक उभरी हुई पट्टी दी गई थी। सस्ते फोन में प्रीमियम AI फीचर्स मिलेंगे पिक्सल A-सीरीज गूगल के लिए काफी अहम है क्योंकि यह कम बजट वाले ग्राहकों को पिक्सल इकोसिस्टम से जोड़ती है। पिक्सल 10a में गूगल के लेटेस्ट जेमिनी फीचर्स का सपोर्ट मिलेगा। गूगल के ये AI फीचर्स ऐपल के 'ऐपल इंटेलिजेंस' के मुकाबले ज्यादा एडवांस माने जाते हैं। एपल और सैमसंग से पहले लॉन्चिंग की तैयारी गूगल ने पिक्सल 10a की लॉन्चिंग के लिए फरवरी का समय चुना है, क्योंकि मार्च में एपल अपना सस्ता आईफोन 17e लॉन्च कर सकता है। वहीं सैमसंग भी अपनी गैलेक्सी S26 सीरीज लाने वाला है। ये सैमसंग की फ्लैगशिप सीरीज है। गूगल चाहता है कि इन बड़े ब्रांड्स के आने से पहले वह भारत, जापान और अमेरिका जैसे बाजारों में अपनी पकड़ मजबूत कर ले। भारत जैसे देश में, जहां लोग कम कीमत में प्रीमियम अनुभव चाहते हैं, वहां पिक्सल 10a गूगल की मार्केट हिस्सेदारी बढ़ा सकता है। पिक्सल 10 सीरीज का पूरा पोर्टफोलियो रैम की बढ़ती लागत महंगे हो सकते हैं फोन टेक एक्सपर्ट्स का मानना है कि इस बार गूगल कीमत थोड़ी बढ़ा सकता है। मोबाइल इंडस्ट्री में रैम और अन्य हार्डवेयर पार्ट्स की कीमतें बढ़ने की वजह से स्मार्टफोन कंपनियों पर दाम बढ़ाने का दबाव है। हालांकि, गूगल ने अभी तक आधिकारिक कीमत का खुलासा नहीं किया है। क्या है पिक्सल A-सीरीज? गूगल हर साल अपनी फ्लैगशिप सीरीज के कुछ महीनों बाद एक 'A' वर्जन लॉन्च करता है। इसमें प्रोसेसर और सॉफ्टवेयर वही होते हैं जो महंगे पिक्सल फोन में मिलते हैं, लेकिन बॉडी मटेरियल और कुछ कैमरा फीचर्स में कटौती करके इसकी कीमत कम रखी जाती है।

दैनिक भास्कर 5 Feb 2026 12:59 pm

पहली सरकारी कैब सर्विस भारत टैक्सी आज से शुरू होगी:ओला-उबर की तरह ड्राइवर को नहीं देना होगा कमीशन, गृह मंत्री अमित शाह करेंगे लॉन्च

देश की पहली सहकारी कैब टैक्सी सर्विस 'भारत टैक्सी' आज लॉन्च की जाएगी। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह दिल्ली में इसकी शुरुआत करेंगे। इस नई सर्विस की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें ड्राइवरों से कोई कमीशन नहीं लिया जाएगा और वे खुद इस प्लेटफॉर्म के हिस्सेदार या मालिक होंगे। सहकारिता मंत्रालय के अनुसार, 'भारत टैक्सी' का उद्देश्य ड्राइवरों को निजी एग्रीगेटर कंपनियों के मॉडल से आजादी दिलाना है। टैक्सी का ट्रायल 2 दिसंबर को दिल्ली और गुजरात के राजकोट में शुरू किया गया था, जो सफल रहा है। रिटायरमेंट सेविंग्स और ड्राइवर सपोर्ट सिस्टम मिलेगा लॉन्चिंग के दौरान अमित शाह बेहतर प्रदर्शन करने वाले 6 ड्राइवर्स (जिन्हें 'सारथी' कहा गया है) को सम्मानित करेंगे। इन ड्राइवर्स को कंपनी के शेयर सर्टिफिकेट भी बांटे जाएंगे। सम्मानित होने वाले ड्राइवर्स को 5 लाख रुपए का एक्सिडेंटल और 5 लाख रुपए का फैमिली हेल्थ इंश्योरेंस कवर दिया जाएगा। इसके अलावा, प्लेटफॉर्म से जुड़ने वाले सभी ड्राइवर्स के लिए रिटायरमेंट सेविंग्स और ड्राइवर सपोर्ट सिस्टम जैसी सुविधाएं भी जोड़ी गई हैं। जीरो कमीशन और सर्ज-प्राइसिंग से राहत मिलेगी निजी कंपनियां जैसे ओला और उबर आमतौर पर ड्राइवरों की कमाई से 20% से 30% तक कमीशन वसूलती हैं। इसके उलट, भारत टैक्सी 'जीरो-कमीशन' मॉडल पर काम करेगी। यानी ड्राइवर जितनी कमाई करेगा, वह सीधे उसके पास जाएगी। इसके साथ ही, ग्राहकों के लिए भी राहत की बात यह है कि इसमें 'सर्ज-प्राइसिंग' (पीक ऑवर्स में ज्यादा किराया) का सिस्टम नहीं होगा। इससे यात्रियों को भी किफायती दरों पर टैक्सी मिल सकेगी। अगले 2 साल में हर शहर तक पहुंचने का टारगेट भारत टैक्सी को अगले दो साल में देश के सभी राज्यों और प्रमुख शहरों में शुरू करने का टारगेट है। इसके लिए सरकार के डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर (DPI) के साथ इसे इंटीग्रेट किया जाएगा। दिल्ली के 7 प्रमुख स्थानों पर ड्राइवरों के लिए सपोर्ट सेंटर भी शुरू किए गए हैं। भारत टैक्सी को कौन चलाएगा यह सदस्यता आधारित मॉडल है, जिसे सहकार टैक्सी कोऑपरेटिव लिमिटेड चलाएगा। इसकी स्थापना जून में ₹300 करोड़ की रकम के साथ हुई। एप आधारित यह सेवा डिजिटल इंडिया का हिस्सा है। इसकी एक संचालन परिषद होगी, जिसमें अमूल के एमडी जयेन मेहता चेयरमैन और एनसीडीसी के उप प्रबंधक निदेशक रोहित गुप्ता वाइस चेयरमैन हैं। इसके अलावा 8 अन्य सदस्य भी हैं, जो देश की विभिन्न सहकारी समितियों से जुड़े हैं। इस बोर्ड की पहली बैठक 16 अक्टूबर को हो चुकी है। 4 सवाल-जवाब में भारत टैक्सी के फायदे समझिए... 1. इसकी सर्विस कैसे ले सकेंगे? भारत टैक्सी का एप ओला-उबर जैसा होगा, जो नवंबर में एप स्टोर्स से डाउनलोड कर सकेंगे। एप हिंदी, गुजराती, मराठी और अंग्रेजी में होगा। 2. ड्राइवरों को क्या फायदा होगा? हर राइड की 100% कमाई ड्राइवर को मिलेगी। उसे सिर्फ दैनिक, साप्ताहिक या मासिक शुल्क देना होगा, जो कि बहुत ही सामान्य रहेगा। 3. महिला सारथी की क्या भूमिका रहेगी? यानी महिला ड्राइवर्स। पहले चरण में 100 महिलाएं जुड़ेंगी। 2030 तक इनकी संख्या 15 हजार करेंगे। 15 नवंबर से मुफ्त प्रशिक्षण, विशेष बीमा मिलेगा। 4. यह सेवा 2030 तक कैसे आगे बढ़ेगी? ये खबर भी पढ़ें… ओला-उबर से 30% तक सस्ती भारत टैक्सी: किराए में ₹100 से ज्यादा का अंतर; दिल्ली में इस महीने, मुंबई-पुणे में छह महीने बाद शुरू केंद्र सरकार की सहकारी सर्विस ‘भारत टैक्सी’ जनवरी 2026 से दिल्ली और गुजरात में शुरू हो सकती है। यह छह महीने बाद मुंबई, पुणे में शुरू होगी। सहकारी टैक्सी का ट्रायल डेढ़ महीने पहले दिल्ली और गुजरात के राजकोट में शुरू हुआ था, जो सफल रहा है। अपने पायलट प्रोजेक्ट में यह ओला-उबर पर भारी पड़ रही है। सहकारी टैक्सी पीक ऑवर में अपनी प्राइवेट प्रतिद्वंद्वियों से 25 से 30% तक सस्ती पड़ रही है। भास्कर ने दिल्ली में 100 से ज्यादा ड्राइवरों, राइडर्स, यूनियन पदाधिकारियों और भारत टैक्सी एप से जुड़े अधिकारियों से बात की। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 5 Feb 2026 6:00 am

सैमसंग गैलेक्सी F70e भारत में 9 फरवरी को लॉन्च होगा:लैदर फिनिश डिजाइन के साथ 50MP कैमरा और 6000mAh बैटरी, एक्सपैक्टेड प्राइस ₹15,000

सैमसंग इंडिया 9 फरवरी को भारत में F सीरीज में नया स्मार्टफोन गैलेक्सी F70e लॉन्च करने जा रही है। कंपनी ने गैलेक्सी F70e की ईमेज और स्पेसिफिकेशन्स शेयर कर दिए हैं। नया गैलेक्सी स्मार्टफोन 6000mAh बैटरी, 6.7-इंच का HD+ और 50 मेगापिक्सल का मेन सेंसर के साथ आएगा। यह लो बजट स्मार्टफोन होगा, जिसकी कीमत 15 से 18 हजार रुपए के बीच रखी जा सकती है। उम्मीद है नया फोन गैलेक्सी F07e अगले हफ्ते बिक्री के लिए अवेलेबल हो जाएगा। डिजाइन: लैदर फिनिश के साथ प्रीमियम लुक नए सैमसंग फोन का बैक पैनल लैदर फिनिश के साथ आएगा, जो प्रीमियम और सॉफ्ट फील देगा। यह डिजाइन इसे उंगलियों के निशान और छोटे-मोटे स्क्रैच से भी बचाता है। कंपनी इसे दो कलर ऑप्शन- लाइमलाइट ग्रीन और स्पॉटलाइट ब्लू के साथ पेश करेगी। सामने की तरफ 6.7 इंच की बड़ी स्क्रीन है, जिसमें पतले बेजल्स हैं। फोन में टाइप-C चार्जिंग पोर्ट और जरूरी बटन दिए गए हैं। इस सैमसंग स्मार्टफोन को IP54 रेटिंग के साथ पेश किया जाएगा जो पानी की बौछारों से बचाने में मदद करेगा। सैमसंग गैलैक्सी F70e: स्पेसिफिकेशंस डिस्प्ले: सैमसंग गैलेक्सी F70e में कंपनी ने 1600 x 720 पिक्सल रेजोल्यूशन वाली 6.7-इंच की HD+ स्क्रीन दी है। यह इनफिनिटी ‘यू’ वॉटरड्रॉप नॉच डिस्प्ले है, जो LCD पैनल पर बनी है। इसमें 120Hz रिफ्रेश रेट के साथ 800 निट्स पीक ब्राइटनेस का सपोर्ट भी मिलेगा। कैमरा: फोटोग्राफी के लिए फोन के बैक पैनल पर डुअल रियर कैमरा सेटअप दिया जाएगा। इसमें LED फ्लैश के साथ 50 मेगापिक्सल मेन सेंसर और 2 मेगापिक्सल डेप्थ सेंसर शामिल होगा। वहीं, सेल्फी और वी​डियो कॉलिंग के लिए 8 मेगापिक्सल फ्रंट कैमरा दिया गया है। बैटरी: सैमसंग गैलैक्सी F70e में पावर बैकअप के लिए 6,000mAh की बैटरी दी जाएगी। सैमसंग के मुताबिक यह भारी इस्तेमाल के बावजूद आसानी से 2 दिन तक चल सकती है। बैटरी चार्ज करने के लिए फोन में 25W फास्ट चार्जिंग का सपोर्ट दिया गया है। परफॉर्मेंस: फोन को मीडियाटेक डायमेंसिटी 6300 ऑक्टा-कोर प्रोसेसर के साथ लॉन्च किया जाएगा। यह 6 नैनोमीटर फेब्रिकेशन्स पर बना मोबाइल चिपसेट है, जो 2.0GHz से लेकर 2.4GHz तक की क्लॉक स्पीड पर रन कर सकता है। मीडियाटेक ने इस प्रोसेसर को 2024 में पेश किया था। ऐसे में गैलेक्सी F70e में 2 साल पुराना प्रोसेसर दिया जाना, सैमसंग फैंस को निराश कर सकता है। हालांकि फोन एंड्रॉयड बेस्ड OneUI 8 ऑपरेटिंग सिस्टम के साथ आएगा, जिसमें 6 OS और सिक्योरिटी अपडेट मिलेगा।

दैनिक भास्कर 4 Feb 2026 10:14 pm

AI बदलेगा देश की तकदीर, मुकेश अंबानी बोले- भारत अगले दो-तीन दशकों में बनेगा 30 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था

रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर मुकेश डी अंबानी ने कहा कि भारत अगले 20-30 वर्षों में 25 से 30 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने की क्षमता रखता है और यह दौर देश की युवा पीढ़ी के लिए निवेश का एक बहुत बड़ा अवसर होगा।

वेब दुनिया 4 Feb 2026 6:40 pm

निसान ग्रेवाइट सब-4 मीटर एमपीवी 17 फरवरी को आएगी:7-सीटर कार में सेफ्टी के लिए 360° कैमरा जैसे फीचर्स, मारुति अर्टिगा को टक्कर देगी

निसान मोटर इंडिया सब-4 मीटर सेगमेंट में नई कार उतारने की तैयारी कर रही है। कंपनी 7-सीटर मल्टी पर्पस व्हीकल (MPV) को 17 फरवरी को भारत में लॉन्च करेगी। ये रेनो ट्राइबर, मारुति अर्टिगा, मारुति XL6, किआ कैरेंस और किआ कैरेंस क्लाविस को टक्कर देगी। कंपनी ने नई MPV का फर्स्ट लुक (18 जनवरी) रिवील किया था। ये रेनो ट्राइबर के प्लेटफॉर्म पर बेस्ड है और भारत में डेवलप की गई है। कार में डिजिटल क्लस्टर और सेफ्टी के लिए 360 डिग्री कैमरा जैसे फीचर्स मिल सकते हैं। ये बजट 7-सीटर MPV सेगमेंट में निसान की नई एंट्री है। ये रेनो ट्राइबर की तरह बजट फैमिली कार होगी और इसकी एक्स-शोरूम कीमत 6 से 9 लाख रुपए के बीच हो सकती है। बुकिंग की जानकारी फिलहाल नहीं आई हैं। ट्राइबर की तरह सब-4 मीटर साइज में 7 सीट्स ग्रेवाइट की सबसे बड़ी खासियत इसका सब-4 मीटर साइज है, जिसमें 7 सीट्स के साथ फ्लेक्सिबल सीटिंग मिलेगी। थर्ड रो सीट्स रिमूवेबल होंगी, जिससे बूट स्पेस ज्यादा हो जाएगा। ये शहर में आसानी से चलने वाली और फैमिली यूज के लिए प्रैक्टिकल MPV होगी। रेनो ट्राइबर की तरह मॉड्यूलर सीटिंग सेटअप मिलेगा। एक्सटीरियर डिजाइन: स्लिम LED DRLs के साथ हनीकॉम्ब ग्रिल कार का डिजाइन कंपनी की अपकमिंग SUV टेक्टॉन की तरह होगा। इसके फ्रंट में हनीकॉम्ब डिजाइन वाली बोल्ड ग्रिल मिलेगी, जिसके बीच में निसान का लोगो है। वहीं बोनट पर ग्रेवाइट की बैजिंग दी गई है। स्लिम LED DRLs लाइट बार से कनेक्टेड हैं और हेडलैंप्स नए डिजाइन के साथ आएंगे। साइड प्रोफाइल में रूफ रेल्स, पुल टाइप डोर हैंडल्स और डुअल-टोन अलॉय व्हील्स दिखेंगे। सिल्हूट ट्राइबर जैसा ही है, लेकिन निसान स्टाइलिंग से अलग लुक मिलेगा। रियर में डिसकनेक्टेड टेल लाइट्स हैं, जिन्हें थिन क्रोम स्ट्रिप जोड़ेगी। टेलगेट पर GRAVITE लेटरिंग और सिंपल बंपर में C-शेप एलिमेंट होगा। कुल मिलाकर मॉडर्न और बोल्ड डिजाइन है। डायमेंशन सब-4 मीटर रखी गई है, कलर ऑप्शन की डिटेल लॉन्च पर आएगी। इंटीरियर: ट्राइबर से इंस्पायर्ड केबिन डिजाइन इंटीरियर ट्राइबर से इंस्पायर्ड होगा, लेकिन निसान के अपने कलर थीम और अपहोल्स्ट्री मिलेगी। डैशबोर्ड बेसिक लेआउट वाला होगा। स्टीयरिंग व्हील और सीट्स कॉम्फी होंगी। थर्ड रो तक AC वेंट्स दिए गए हैं। पैनोरमिक सनरूफ की उम्मीद कम है, लेकिन मैनुअल AC और अच्छा स्पेस मिलेगा। फुल इंटीरियर डिटेल अभी अनवील नहीं हुई है। परफॉरमेंस: 1.0 लीटर का 3 सिलेंडर नेचुरली एस्पिरेटेड पेट्रोल इंजन कार में परफॉर्मेंस के लिए 1.0 लीटर का 3 सिलेंडर नेचुरली एस्पिरेटेड पेट्रोल इंजन मिलेगा, जो 72PS की पावर और 96Nm का टॉर्क जनरेट करता है। ट्रांसमिशन के लिए 5-स्पीड मैनुअल या 5-स्पीड AMT गियरबॉक्स ऑप्शनल होंगे। माइलेज की डिटेल लॉन्च पर आएगी, लेकिन ट्राइबर जैसी अच्छी फ्यूल एफिशिएंसी मिलने की उम्मीद है। बाद में CNG ऑप्शन भी आ सकता है। टर्बो पेट्रोल की संभावना कम है। फीचर्स: 8-इंच टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम कंफर्ट और कन्वीनियंस में 8-इंच टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम मिलेगा, जो एंड्रॉएड ऑटो और एपल कार प्ले सपोर्ट करेगा। 7-इंच सेमी-डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर, वायरलेस फोन चार्जर, पुश बटन स्टार्ट-स्टॉप, कूल्ड स्टोरेज और सेकंड रो में स्लाइड-रिक्लाइन सीट्स जैसे फीचर्स आएंगे। रियर पैसेंजर्स के लिए AC वेंट्स और 6-स्पीकर साउंड सिस्टम भी होगा। कुल मिलाकर प्रैक्टिकल फीचर्स की लिस्ट अच्छी है। सेफ्टी फीचर्स: 6 एयरबैग्स​​​​​​​ और टायर प्रेशर मॉनिटरिंग सिस्टम ​​​​​​​ सेफ्टी में 6 एयरबैग्स, इलेक्ट्रॉनिक स्टेबिलिटी कंट्रोल (ESC), हिल स्टार्ट असिस्ट, टायर प्रेशर मॉनिटरिंग सिस्टम (TPMS), फ्रंट-रियर पार्किंग सेंसर्स और रियर पार्किंग कैमरा जैसे फीचर्स मिलेंगे। ये सेगमेंट में अच्छी सेफ्टी पैकेज देगी।

दैनिक भास्कर 4 Feb 2026 5:02 pm

फॉक्सवैगन टेरॉन R-लाइन की बुकिंग शुरू:15-इंच टचस्क्रीन के साथ आएगी 7-सीटर SUV, सेफ्टी के लिए 360° कैमरा और ADAS

जर्मन कार मेकर फॉक्सवैगन ने अपनी नई प्रीमियम 7-सीटर SUV टेरॉन आर-लाइन की बुकिंग शुरू कर दी है। हाल ही में इसे रिवील किया गया था। भारत में यह कार टिग्वान R-लाइन के ऊपर रहेगी और यह कंपनी की फ्लैगशिप SUV होगी। टेरॉन असल में टिग्वान का ही बड़ा और थ्री-रो (तीन लाइन सीट) वर्जन है। टेरॉन R-लाइन की सबसे खास बात इसका बड़ा केबिन और प्रीमियम फीचर्स हैं। कंपनी ने इसमें वो सभी कमियां दूर की हैं, जो टिग्वान में थीं। अब इसमें मसाज फंक्शन वाली सीटें, 15-इंच की टच स्क्रीन और पैनोरमिक सनरूफ जैसे फीचर्स हैं। कार का लुक काफी स्पोर्टी और प्रीमियम है। फॉक्सवैगन ने कार की कीमतों का खुलासा नहीं किया है, लेकिन माना जा रहा है कि भारत में इसकी एक्स-शोरूम कीमत 45 से 50 लाख रुपए के बीच हो सकती है। इसका मुकाबला टोयोटा फॉर्च्यूनर, स्कोडा कोडिएक और एमजी ग्लोस्टर जैसी कारों से होगा। एक्सटीरियर: स्पोर्टी लुक के साथ कनेक्टेड LED सेटअप टेरॉन आर-लाइन का डिजाइन काफी बोल्ड है, जो काफी हद तक टिग्वान आर-लाइन जैसा लगता है। फ्रंट: आगे की ओर इल्लुमिनेटेड फॉक्सवैगन लोगो और कनेक्टेड LED लाइट बार दी गई है। बंपर पर ग्लॉस ब्लैक फिनिश है और ग्रिल पर 'R' का बैज मिलता है, जो इसके स्पोर्टी कैरेक्टर को दिखाता है। साइड प्रोफाइल: यहां 19-इंच के डुअल-टोन अलॉय व्हील्स दिए गए हैं। साइड से 7-सीटर कार काफी लंबी दिखती है। विंडो के चारों ओर क्रोम फिनिश और फ्रंट फेंडर पर 'R' बैजिंग दी गई है। इसके अलावा, व्हील आर्क में पतली ग्लॉस ब्लैक क्लेडिंग है। रियर: पीछे का लुक काफी क्लीन और मॉडर्न रखा गया है। यहां, 'पिक्सल स्टाइल' वाली कनेक्टेड टेल लैंप्स हैं। कंट्रास्ट के लिए रियर बंपर पर आगे की तरह ग्लॉस ब्लैक ट्रीटमेंट दिया गया है। इंटीरियर: 15-इंच की बड़ी स्क्रीन और लग्जरी केबिन कार के केबिन को बेहद प्रीमियम और हाई-टेक बनाया गया है। डैशबोर्ड पर 15-इंच का बड़ा फ्लोटिंग इंफोटेनमेंट सिस्टम और 10.25-इंच का डिजिटल ड्राइवर डिस्प्ले दिया गया है। डैशबोर्ड पर 30 अलग-अलग कलर्स वाली एम्बिएंट लाइटिंग दी गई है, जो केबिन के माहौल को लग्जरी बनाती है। 7-सीटर SUV में आगे की सीटों में मसाज, वेंटिलेशन और हीटिंग फंक्शन दिया गया है। ये इलेक्ट्रिकली एडजस्टेबल भी हैं। सेकेंड रो की सीटों को आप अपनी जरूरत के हिसाब से स्लाइड और रिक्लाइन भी कर सकते हैं। कार में ज्यादातर फीचर को सिर्फ टचस्क्रीन से ही एक्सेस किया जा सकता है, जिसमें क्लाइमेट कंट्रोल भी शामिल है। फ्लोर कंसोल पर मल्टी-फंक्शन नोब है, जिससे आप वॉल्यूम और ड्राइव मोड एडजस्ट कर सकते हैं। टेरॉन में 3-जोन ऑटोमैटिक क्लाइमेट कंट्रोल, दो वायरलेस फोन चार्जर और पावर्ड टेलगेट, हरमन कार्डन का प्रीमियम साउंड सिस्टम, हेड्स-अप डिस्प्ले (HUD) जैसे फीचर्स दिए गए हैं। परफॉरमेंस: दमदार इंजन और ऑफ-रोड क्षमता कंपनी ने इंजन स्पेसिफिकेशन के बारे में नहीं बताया है, लेकिन उम्मीद है कि कार में 2.0 लीटर का टर्बो पेट्रोल TSI इंजन दिया जा सकता है। ये इंजन 204ps की पावर और 320Nm का टॉर्क जनरेट करता है। इंजन को 7-स्पीड DCT गियरबॉक्स के साथ ट्यून किया गया है। इसमें 4-मोशन ऑल-व्हील ड्राइव सिस्टम भी मिल सकता है। सेफ्टी: 9 एयरबैग्स और लेवल-2 ADAS से लैस सेफ्टी के मामले में फॉक्सवैगन टेरॉन में 9 एयरबैग्स, 360 डिग्री कैमरा, फ्रंट और रियर में पार्किंग सेंसर्स, चारों पहियों पर डिस्क ब्रेक और इलेक्ट्रॉनिक पार्किंग ब्रेक जैसे फीचर्स दिए गए हैं। इसके अलावा कार लेवल-2 एडवांस ड्राइविंग असिस्ट सिस्टम भी दिया गया है, जिसमें लेन कीप असिस्ट, एडॉप्टिव क्रूज कंट्रोल और इमरजेंसी ब्रेकिंग जैसे फीचर्स मिलते हैं।

दैनिक भास्कर 4 Feb 2026 3:52 pm