ईडी ने अमेरिकी नागरिकों से 261 करोड़ रुपये की ठगी करने वाले अंतरराष्ट्रीय फर्जी कॉल सेंटर नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। चंडीगढ़ के बड़े नेताओं के करीबी चेतन मुंजाल सहित चार आरोपितों को हैदराबाद से गिरफ्तार किया गया है।
भारतीय क्रिकेट जगत, घरेलू सर्किट और खेल प्रेमियों के गलियारों से एक बेहद रोमांचक और बड़ी खबर सामने आ रही है। टीम इंडिया के विस्फोटक बल्लेबाज और पूर्व टी20 कप्तान सूर्यकुमार यादव (Suryakumar Yadav) लंबे समय के अंतराल के बाद क्रिकेट के मैदान पर अपनी शानदार वापसी करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। दिलचस्प बात यह है कि उनकी यह वापसी किसी आम खिलाड़ी के तौर पर नहीं, बल्कि एक कप्तान के रूप में होने जा रही है। हाल ही में टी20 विश्व कप 2026 के बाद खराब फॉर्म और चयन से जुड़ी कुछ प्राथमिकताओं के चलते उन्हें न केवल भारतीय टीम की कप्तानी से हटा दिया गया था, बल्कि उन्हें राष्ट्रीय टीम से भी ड्रॉप कर दिया गया था। इस झटके के बाद से ही उनके प्रशंसकों को उनकी वापसी का बेसब्री से इंतजार था। अब घरेलू क्रिकेट के मंच से मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन (MCA) और चयन समिति ने उन्हें एक बार फिर से कमान सौंपने का मन बना लिया है। आइए विस्तार से जानते हैं कि सूर्यकुमार यादव की यह वापसी किस टूर्नामेंट में होने जा रही है और इसके पीछे चयनकर्ताओं की क्या रणनीति है।जून के बाद से प्रतिस्पर्धी क्रिकेट से दूर रहे हैं सूर्यकुमार यादव, रणजी ट्रॉफी में नहीं हुआ था चयनसूर्यकुमार यादव के क्रिकेट करियर पर नजर डालें तो उन्होंने आखिरी बार प्रतिस्पर्धी क्रिकेट इसी साल जून के महीने में खेला था। टीम इंडिया से ड्रॉप किए जाने के बाद वे टी20 मुंबई लीग 2026 में खेलते हुए नजर आए थे, और उनका आखिरी मैच 9 जून को था। इसके बाद से वे लगातार मैदान से दूर चल रहे हैं। जब घरेलू रेड-बॉल सत्र की शुरुआत हुई थी, तब सूर्यकुमार यादव ने खुद को रणजी ट्रॉफी 2026 के लिए चयन वास्ते उपलब्ध बताया था, ताकि वे अपनी फॉर्म और लय वापस पा सकें।हालांकि, उस समय मुंबई के चयनकर्ताओं ने उन्हें रणजी टीम में शामिल नहीं किया था। चयन समिति का यह मानना था कि सूर्या ने पिछले 18 महीनों से कोई भी लाल गेंद (Red-ball) का मुकाबला नहीं खेला है, ऐसे में उन्हें सीधे रणजी ट्रॉफी जैसे कठिन फॉर्मेट में उतारना ठीक नहीं रहेगा। इसके अलावा, उनके ट्रेनिंग कैंप में पूरी तरह से सक्रिय न होने की खबरें भी सामने आई थीं, जिसके कारण उन्हें रणजी टीम से बाहर रहना पड़ा था। इस फैसले ने उस वक्त काफी सुर्खियां बटोरी थीं और खेल गलियारों में इस पर लंबी चर्चा भी हुई थी।विजय हजारे और सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में मुंबई की कप्तानी संभालेंगे सूर्याअब रणजी ट्रॉफी के उस विवाद को पीछे छोड़ते हुए सूर्यकुमार यादव घरेलू क्रिकेट के सीमित ओवरों के फॉर्मेट में अपनी दमदार वापसी करने जा रहे हैं। प्रतिष्ठित मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन (MCA) के चयनकर्ता आगामी घरेलू टूर्नामेंट्स—विजय हजारे ट्रॉफी (Vijay Hazare Trophy) और सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी (Syed Mushtaq Ali Trophy) के लिए सूर्यकुमार यादव को मुंबई टीम का कप्तान नियुक्त करने पर गंभीरता से विचार कर रहे हैं।राजेश पवार की अध्यक्षता वाली मुंबई चयन समिति इस बात पर सहमत नजर आ रही है कि सूर्या के पास अनुभव और नेतृत्व क्षमता दोनों का बेजोड़ खजाना है, जो घरेलू टीम के युवा खिलाड़ियों के लिए बेहद फायदेमंद साबित होगा। मुंबई की टीम सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में आगामी 14 नवंबर से अपने अभियान का आधिकारिक आगाज करेगी, जहां उनका मुकाबला हैदराबाद (Hyderabad) की टीम के साथ होना है। माना जा रहा है कि इसी मुकाबले में सूर्यकुमार यादव मैदान पर उतरकर कप्तानी की बागडोर संभालते हुए नजर आएंगे।मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन जल्द करेगा स्क्वाड का आधिकारिक ऐलान, कोलकाता के लिए रवाना होगी टीमघरेलू टूर्नामेंट के आगाज से पहले मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन (MCA) आने वाले कुछ ही दिनों में टीम के आधिकारिक स्क्वाड की घोषणा करने वाला है। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, मुंबई की यह टीम आगामी 11 नवंबर को कोलकाता के लिए रवाना होगी, जहां हैदराबाद के खिलाफ होने वाले इस रोमांचक मुकाबले की तैयारियां पूरी की जाएंगी।घरेलू क्रिकेट में सूर्यकुमार यादव की यह वापसी न केवल उनके व्यक्तिगत करियर के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, बल्कि यह उन आलोचकों को भी करारा जवाब है जो उनकी फॉर्म और फिटनेस पर सवाल उठा रहे थे। मुंबई की कप्तानी मिलने से उनके भीतर एक नया आत्मविश्वास जागेगा, और वे अपने चिर-परिचित आक्रामक अंदाज में रन बनाकर एक बार फिर से टीम इंडिया के दरवाजे पर दस्तक देने की कोशिश करेंगे। भारतीय क्रिकेट प्रेमी भी अपने चहेते 'मिस्टर 360 डिग्री' खिलाड़ी को एक बार फिर से मैदान पर चौके-छक्के बरसाते हुए देखने के लिए पूरी तरह बेताब हैं।
इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के 2027 सीजन से ठीक पहले चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) और सनराइजर्स हैदराबाद (एसआरएच) के बीच चार खिलाड़ियों की बड़ी अदला-बदली (ट्रेड) हुई है। इस समझौते के तहत इंग्लैंड के ऑलराउंडर लियम लिविंगस्टोन और ऑस्ट्रेलियाई ऑलराउंडर जैक एडवर्ड्स अब चेन्नई सुपर किंग्स का हिस्सा बन गए हैं, जबकि बाएं हाथ के […] The post आईपीएल 2027 से पहले सीएसके और सनराइजर्स हैदराबाद के बीच चार खिलाड़ियों का ट्रेड, खलील अहमद की हैदराबाद में वापसी first appeared on Sanjeevni Today .
अंग्रेजो का थाला चेन्नई में, हैदराबाद को मिले 2 पेसर, 4 खिलाड़ियों का हुआ ट्रेड
चेन्नई सुपर किंग्स और सनराईजर्स हैदराबाद के बीच कुल 4 खिलाड़ियों का ट्रेड हुआ है। इसमें सनराईजर्स हैदराबाद की गेंदबाजी को कुछ और बल मिला है और चेन्नई सुपर किंग्स ने अपने दल में एक स्पिन ऑलराउंडर लियाम लिविंग्सटन जो लंबे समय तक इंग्लैंड के फिनिशर रहे ...
चेन्नई सुपर किंग्स और सनराइजर्स हैदराबाद के बीच IPL 2027 के ऑक्शन से पहले ट्रेड डील हुई है। इस डील में 4 खिलाड़ी शामिल हैं। हैदराबाद से खेलने वाले इंग्लैंड के ऑलराउंडर लियाम लिविंगस्टोन और ऑस्ट्रेलियाई ऑलराउंडर जैक एडवर्ड्स चेन्नई की टीम में शामिल हुए हैं। वहीं चेन्नई से भारतीय तेज गेंदबाज खलील अहमद और ऑस्ट्रेलियाई पेसर नाथन एलिस हैदराबाद टीम से जुड़ गए हैं। BCCI ने गुरुवार को इस ट्रेड की जानकारी दी। लिविंगस्टोन 6 करोड़ रुपए और एडवर्ड्स 3 करोड़ रुपए की मौजूदा फीस पर CSK में आए हैं। वहीं, खलील 4.8 करोड़ और एलिस 2 करोड़ रुपए की फीस पर SRH से जुड़े हैं। हैदराबाद ने लिविंगस्टोन को 13 करोड़ में खरीदा था खलील अहमद पहले भी हैदराबाद के लिए खेल चुके लेफ्ट आर्म तेज गेंदबाज खलील अहमद 4.8 करोड़ रुपए की मौजूदा फीस पर SRH से जुड़े हैं। वे 2018 से 2021 तक भी हैदराबाद की टीम का हिस्सा रह चुके हैं। खलील ने IPL 2025 में CSK के लिए 14 मैचों में 15 विकेट लिए थे। IPL 2026 में उन्होंने चेन्नई के लिए 5 मैच खेले, लेकिन दाहिनी जांघ की मांसपेशियों में चोट के कारण पूरे सीजन से बाहर हो गए थे। डेथ ओवर्स में गेंदबाजी करेंगे नाथन एलिस एलिस 2 करोड़ रुपए की मौजूदा फीस पर SRH में शामिल हुए हैं। वे अपनी गेंदबाजी में वैरिएशन और डेथ ओवर्स में प्रभावी प्रदर्शन के लिए जाने जाते हैं। एलिस के आने से हैदराबाद के तेज गेंदबाजी विभाग को मजबूती मिलेगी। IPL 2027 का ऑक्शन 16 दिसंबर को होगा IPL 2027 सीजन के लिए खिलाड़ियों की नीलामी 16 दिसंबर को गोवा में होगी। इससे पहले सभी 10 टीमों को 17 नवंबर तक बताना होगा कि वे अपने मौजूदा खिलाड़ियों में से किन्हें साथ बनाए रखना चाहती हैं। पिछली तीन नीलामियां भारत से बाहर हुई थीं। 2024 में दुबई, 2025 के लिए सऊदी अरब के जेद्दा और 2026 में अबू धाबी में ऑक्शन हुआ था। ----------------------- IPL की यह खबर भी पढ़ें… IPL 2027- रिटेंशन की डेडलाइन 2 दिन बढ़ी:17 नवंबर तक टीमें बता सकेंगी किसे रखेंगी और किसे छोड़ेंगी; ऑक्शन 16 दिसंबर को BCCI ने IPL 2027 मिनी ऑक्शन से पहले खिलाड़ियों को टीम में बनाए रखने और रिलीज करने की तारीख दो दिन बढ़ा दी है। अब सभी 10 फ्रेंचाइजी 17 नवंबर तक अपनी लिस्ट सौंप सकेंगी। पहले इसकी आखिरी तारीख 15 नवंबर थी। खिलाड़ियों की नीलामी 16 दिसंबर को गोवा में होगी। पूरी खबर पढ़ें…
चेन्नई सुपर किंग्स और सनराइजर्स हैदराबाद के बीच IPL 2027 के ऑक्शन से पहले ट्रेड डील हुई है। इस डील में 4 खिलाड़ी शामिल हैं। हैदराबद से खेलने वाले इंग्लैंड के ऑलराउंडर लियाम लिविंगस्टोन और ऑस्ट्रेलियाई ऑलराउंडर जैक एडवर्ड्स चेन्नई की टीम में शामिल हुए हैं। वहीं चेन्नई से तेज गेंदबाज खलील अहमद और ऑस्ट्रेलियाई पेसर नाथन एलिस हैदराबाद टीम से जुड़ गए हैं। BCCI ने गुरुवार को इस ट्रेड की जानकारी दी। लिविंगस्टोन 6 करोड़ रुपए और एडवर्ड्स 3 करोड़ रुपए की मौजूदा फीस पर CSK में आए हैं। वहीं, खलील 4.8 करोड़ और एलिस 2 करोड़ रुपए की फीस पर SRH से जुड़े हैं। लिविंगस्टोन 13 करोड़ से 6 करोड़ रुपए में CSK पहुंचे इंग्लैंड के ऑलराउंडर लियाम लिविंगस्टोन को SRH ने पहले 13 करोड़ रुपए में खरीदा था। अब वे 6 करोड़ रुपए की कम फीस पर CSK में शामिल हुए हैं। वे बल्लेबाजी के साथ ऑफ स्पिन और लेग स्पिन गेंदबाजी भी कर सकते हैं। ऑस्ट्रेलियाई ऑलराउंडर जैक एडवर्ड्स भी 3 करोड़ रुपए की मौजूदा फीस पर चेन्नई पहुंचे हैं। SRH ने उन्हें इंटरनेशनल डेब्यू से पहले साइन किया था। हालांकि, पैर की चोट के कारण वे IPL 2026 में नहीं खेल सके थे। खलील अहमद की SRH में वापसी लेफ्ट आर्म तेज गेंदबाज खलील अहमद 4.8 करोड़ रुपए की मौजूदा फीस पर SRH से जुड़े हैं। वे 2018 से 2021 तक भी हैदराबाद की टीम का हिस्सा रह चुके हैं। खलील ने IPL 2025 में CSK के लिए 14 मैचों में 15 विकेट लिए थे। IPL 2026 में उन्होंने चेन्नई के लिए 5 मैच खेले, लेकिन दाहिनी जांघ की मांसपेशियों में चोट के कारण पूरे सीजन से बाहर हो गए थे। डेथ ओवर्स में गेंदबाजी करेंगे नाथन एलिस ऑस्ट्रेलियाई तेज गेंदबाज नाथन एलिस 2 करोड़ रुपए की मौजूदा फीस पर SRH में शामिल हुए हैं। वे अपनी गेंदबाजी में वैरिएशन और डेथ ओवर्स में प्रभावी प्रदर्शन के लिए जाने जाते हैं। एलिस के आने से हैदराबाद के तेज गेंदबाजी विभाग को मजबूती मिलेगी। यह ट्रेड IPL 2027 से पहले दोनों फ्रेंचाइजी के बीच हुआ है।
'बिहार में अराजकता... यादव समुदाय एकजुट हो', हैदराबाद से तेजस्वी की हुंकार; CM योगी का भी लिया नाम
हैदराबाद में श्रीकृष्ण सदर सम्मेलन में तेजस्वी यादव ने बिहार में अराजकता का आरोप लगाया और यादव समाज से एकजुटता की अपील की। उन्होंने तेलंगाना सरकार की प्रशंसा करते हुए कहा कि कांग्रेस यादव समाज को मजबूत कर रही है।
मध्य प्रदेश के 14 IPS अधिकारी जाएंगे हैदराबाद ट्रेनिंग पर, 7 जिलों के SP भी शामिल; एक महीने तक दूसरे अफसर संभालेंगे कमान
अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (NASA) द्वारा दो दशक से भी अधिक समय पहले अंतरिक्ष में स्थापित की गई ऐतिहासिक 'नील गेहरेल्स स्विफ्ट ऑब्जर्वेटरी' (Neil Gehrels Swift Observatory) आज 4 नवंबर को अपने 22 साल लंबे गौरवशाली सफर को समाप्त करते हुए पृथ्वी के वायुमंडल में अनियंत्रित रूप से प्रवेश करने जा रही है। लगभग 1.5 टन यानी करीब 1500 किलोग्राम वजनी इस विशालकाय वैज्ञानिक सैटेलाइट के पृथ्वी की निचली कक्षा से तेजी से नीचे गिरने की प्रक्रिया ने पूरी दुनिया के खगोलविदों और अंतरिक्ष निगरानी एजेंसियों को अलर्ट मोड पर ला खड़ा किया है। वायुमंडलीय घर्षण के कारण अंतरिक्ष यान का अधिकांश हिस्सा जलकर राख होने की संभावना के बावजूद वैज्ञानिकों ने चेतावनी दी है कि इसके कई अत्यधिक मजबूत धातु से बने घटक, जैसे टाइटेनियम और बेरिलियम के भारी टुकड़े, वायुमंडल की भीषण गर्मी को झेलकर ठोस मलबे के रूप में जमीन या समुद्र तक पहुंच सकते हैं। इस घटनाक्रम का सबसे संवेदनशील पहलू यह है कि नासा और अमेरिकी स्पेस फोर्स द्वारा जारी किए गए संभावित ग्राउंड ट्रैक में भारत के कई घनी आबादी वाले महानगर शामिल हैं, जिससे सुरक्षा को लेकर व्यापक चर्चाएं शुरू हो गई हैं।खगोल वैज्ञानिकों के अनुसार, जब कोई 1.5 टन वजनी ऑब्जेक्ट 27,000 किलोमीटर प्रति घंटे से अधिक की प्रचंड गति से पृथ्वी के घने वायुमंडल में दाखिल होता है, तो अत्यधिक तापमान के कारण उसमें भयानक विस्फोट होते हैं और वह सैकड़ों टुकड़ों में बंट जाता है। हालांकि अधिकांश आधुनिक उपग्रहों को मिशन खत्म होने के बाद नियंत्रित रूप से प्रशांत महासागर के दूरदराज 'पॉइंट निमो' (अंतरिक्ष यान का कब्रिस्तान) पर गिराया जाता है, लेकिन 2004 में डिजाइन किए गए इस उपग्रह में अब ईंधन न होने की वजह से इसे नियंत्रित करना संभव नहीं रहा है। इस कारण यह प्राकृतिक रूप से नीचे आ रहा है, जिसके चलते इसके मलबे के अंतिम री-एंट्री बिंदु को लेकर सटीक समय और स्थान तय करना वैश्विक अंतरिक्ष वैज्ञानिकों के लिए एक बेहद जटिल गणितीय चुनौती बन गया है।अमेरिकी स्पेस फोर्स (US Space Force) और अंतरराष्ट्रीय ऑर्बिटल ट्रैकिंग नेटवर्क के नवीनतम सिमुलेशन के अनुसार, स्विफ्ट अंतरिक्ष यान के अंतिम चक्करों का रास्ता पृथ्वी के कई प्रमुख भू-भागों के ऊपर से होकर गुजर रहा है। इन संभावित जोखिम क्षेत्रों में भारत के प्रमुख राज्य, अफ्रीका, ऑस्ट्रेलिया, दक्षिण-पूर्व एशिया, और मध्य व दक्षिण अमेरिका के कुछ बड़े हिस्से शामिल हैं। विशेष रूप से भारत के संदर्भ में बात की जाए तो इसका अनुमानित प्रक्षेपवक्र (Trajectory) देश के दक्षिणी और मध्य हिस्से को सीधे कवर कर रहा है। अंतरिक्ष एजेंसी द्वारा जारी किए गए कोऑर्डिनेट्स के मुताबिक मुंबई, हैदराबाद, बेंगलुरु, चेन्नई, भुवनेश्वर और कोच्चि जैसे बड़े औद्योगिक और आवासीय महानगर इस उपग्रह के संभावित पाथवे (मार्ग) के दायरे में आ रहे हैं। इस खबर के सामने आते ही स्थानीय आपदा प्रबंधन विशेषज्ञों और आम नागरिकों के बीच कौतूहल और चिंता दोनों का माहौल देखा जा रहा है।हालांकि, भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन यानी इसरो (ISRO) की तरफ से अब तक इस मामले पर कोई आधिकारिक आपातकालीन बयान जारी नहीं किया गया है। इसरो का टेलीमेट्री, ट्रैकिंग एंड कमांड नेटवर्क (ISTRAC) और 'नेत्रा' (NETRA) प्रोजेक्ट लगातार भारतीय उपग्रहों और भारतीय वायुसीमा के ऊपर से गुजरने वाले अंतरिक्षीय मलबे की वास्तविक समय में निगरानी करते हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यद्यपि किसी व्यक्ति या शहरी इमारत पर अंतरिक्षीय मलबे के टुकड़े गिरने की सांख्यिकीय संभावना कई अरबों में एक होती है, लेकिन चूंकि यह 1.5 टन का सैटेलाइट है और इसके रास्ते में भारत के सबसे बड़े महानगर आ रहे हैं, इसलिए नागरिक सुरक्षा एजेंसियों के लिए इस घटनाक्रम की उपेक्षा करना बिल्कुल संभव नहीं है।नील गेहरेल्स स्विफ्ट ऑब्जर्वेटरी का इतिहास आधुनिक खगोल विज्ञान के सबसे सुनहरे पन्नों में दर्ज है। नासा ने इस बहुउद्देश्यीय वेधशाला को नवंबर 2004 में फ्लोरिडा के केप कैनावेरल एयर फोर्स स्टेशन से डेल्टा II रॉकेट के जरिए अंतरिक्ष में सफलतापूर्वक प्रक्षेपित किया था। इस महत्वाकांक्षी मिशन का मूल उद्देश्य सुदूर ब्रह्मांड में होने वाले सबसे भीषण और शक्तिशाली ऊर्जा विस्फोटों, जिन्हें 'गामा-रे बर्स्ट' (GRBs) कहा जाता है, का वास्तविक समय में पता लगाना और उनका विस्तृत अध्ययन करना था। जब यह वेधशाला लॉन्च की गई थी, तब यह अपनी तरह की दुनिया की पहली 'मल्टीवेवलेंथ' अंतरिक्ष वेधशाला थी। इसमें तीन अत्याधुनिक वैज्ञानिक टेलीस्कोप एक साथ लगाए गए थे—बर्स्ट अलर्ट टेलीस्कोप (BAT), एक्स-रे टेलीस्कोप (XRT), और अल्ट्रावॉयलेट/ऑप्टिकल टेलीस्कोप (UVOT)। इन तीनों उपकरणों के अद्भुत समन्वय ने खगोलविदों को गामा किरणों, एक्स-रे और दृश्य प्रकाश में एक ही खगोलीय घटना को एक साथ रिकॉर्ड करने की अभूतपूर्व क्षमता दी थी।अपने 22 वर्षों के शानदार और ऐतिहासिक कार्यकाल के दौरान इस वेधशाला ने विज्ञान जगत को ऐसी जानकारियां प्रदान कीं जिन्होंने ब्रह्मांडीय भौतिकी की कई पुरानी धारणाओं को पूरी तरह बदलकर रख दिया। नासा के खगोल वैज्ञानिकों के अनुसार, स्विफ्ट ने सुपरमैसिव ब्लैक होल से ऊर्जा प्राप्त करने वाली सक्रिय आकाशगंगाओं के केंद्र, एक्स-रे फ्लेयर्स उत्सर्जित करने वाले रहस्यमयी न्यूट्रॉन तारों, महाविशाल तारों के जीवन के अंतिम क्षणों में होने वाले सुपरनोवा विस्फोटों और हमारे अपने सौर मंडल के भीतर चक्कर काटने वाले बर्फीले धूमकेतुओं व क्षुद्रग्रहों की संरचना को समझने में दुनिया भर के शोधकर्ताओं की अमूल्य मदद की। स्विफ्ट ने हजारों ऐसे क्षणिक प्रकाश स्रोतों को रिकॉर्ड किया जो ब्रह्मांड की उत्पत्ति और बिग बैंग के बाद के शुरुआती तारों के निर्माण की गुत्थियों को सुलझाने में आज भी मील का पत्थर माने जाते हैं।नासा के वैज्ञानिकों द्वारा जारी किए गए तकनीकी बुलेटिन के अनुसार, जब यह अंतरिक्ष यान पृथ्वी के घने वायुमंडल के संपर्क में आएगा, तो अत्यधिक घर्षण और थर्मोडायनामिक दबाव के कारण उत्पन्न होने वाली हजारों डिग्री सेल्सियस की गर्मी इसके लगभग 80 प्रतिशत ढांचे को जलाकर भस्म कर देगी। अंतरिक्ष यान के सोलर पैनल्स, हल्के एल्यूमीनियम के फ्रेम और इलेक्ट्रॉनिक सर्किट आसमान में ही पिघल जाएंगे। हालांकि, वेधशाला के भारी ऑप्टिकल लेंस, एक्स-रे शील्डिंग में इस्तेमाल किए गए भारी धातु घटक और मजबूत प्रोपल्शन टैंक वायुमंडलीय प्रवेश को आंशिक रूप से सहन करने की क्षमता रखते हैं। वैज्ञानिकों का आकलन है कि लगभग 10 से 20 प्रतिशत ठोस मलबा, जो दर्जनों अलग-अलग टुकड़ों में बंट चुका होगा, जमीन या समुद्र की सतह से टकरा सकता है।अमेरिकी अंतरिक्ष कमान और नासा का प्राथमिक अनुमान यही है कि इस बचे हुए मलबे का अधिकांश भाग खुले समुद्र में गिरे, क्योंकि पृथ्वी की सतह का सत्तर प्रतिशत से अधिक हिस्सा पानी से ढका हुआ है। स्पेस फोर्स के वैज्ञानिकों ने गणना की थी कि यह अंतरिक्ष यान चार नवंबर को सुबह लगभग 3:30 बजे के आसपास वातावरण में प्रवेश करेगा, हालांकि वायुमंडलीय खिंचाव और सौर हवाओं की अनियमितता के कारण इसमें 11 घंटे तक की समयावधि का अंतर आ सकता है। विश्वभर की सभी प्रमुख अंतरिक्ष एजेंसियां, जिनमें यूरोपीय स्पेस एजेंसी (ESA) और जापानी अंतरिक्ष एजेंसी (JAXA) शामिल हैं, अपने ग्राउंड स्टेशनों से इस स्पेसक्राफ्ट के लगातार गिरते ऑर्बिटल पैरामीटर्स को ट्रैक कर रही हैं ताकि यदि कोई बड़ा मलबा घनी आबादी वाले रिहायशी इलाके की ओर बढ़ता दिखे, तो स्थानीय विमानन और आपदा नियंत्रण प्राधिकरणों को समय रहते सतर्क किया जा सके।
आंध्र प्रदेश के कथित शराब घोटाले की वित्तीय जांच कर रहे प्रवर्तन निदेशालय यानी ईडी (Enforcement Directorate) ने बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई करते हुए वाईएसआर कांग्रेस पार्टी (YSRCP) के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री अंबाती रामबाबू को औपचारिक समन जारी किया है। केंद्रीय जांच एजेंसी ने उन्हें 4 नवंबर को हैदराबाद स्थित अपने क्षेत्रीय कार्यालय में व्यक्तिगत रूप से पेश होने और पूछताछ के दौरान अपना बयान दर्ज कराने का स्पष्ट निर्देश दिया है। अधिकारियों से मिली प्राथमिक जानकारी के अनुसार, यह पूरा प्रकरण वाईएसआर कांग्रेस पार्टी के पिछले शासनकाल के दौरान शराब ढुलाई (Liquor Transportation) से जुड़े भारी-भरकम ठेके देने, निविदा शर्तों में मनमाने बदलाव करने और चहेती कंपनियों को अवैध वित्तीय लाभ पहुंचाने से संबंधित है। पूर्व मंत्री को भेजा गया यह समन इस बात का पुख्ता संकेत है कि जांच एजेंसी अब नौकरशाहों और बिचौलियों की कड़ियों को जोड़ते हुए तत्कालीन सरकार के शीर्ष राजनीतिक चेहरों तक पहुंच रही है, जिससे राज्य की क्षेत्रीय राजनीति में भारी उबाल आ गया है।ईडी की यह सख्त कार्रवाई अचानक नहीं हुई है, बल्कि इससे पहले भी एजेंसी इस मामले से जुड़े कई रसूखदार लोगों पर शिकंजा कस चुकी है। करीब नौ महीने पहले शराब परिवहन घोटाले में पूर्व मंत्री करुमुरी वेंकट नागेश्वर राव के बेटे करुमुरी सुनील कुमार को धन शोधन निवारण अधिनियम यानी पीएमएलए (PMLA) के तहत 18 जून को गिरफ्तार किया गया था। जांच एजेंसी ने हैदराबाद और विजयवाड़ा के अलग-अलग ठिकानों से मिले वित्तीय सुरागों के आधार पर अपनी जांच का दायरा विस्तृत किया था। अंबाती रामबाबू की पेशी के दौरान शराब आपूर्ति नीति, ट्रांसपोर्टेशन के ठेकों के आवंटन में कथित राजनीतिक दखल और फंड के संदिग्ध लेनदेन से जुड़े महत्वपूर्ण सवालों की एक लंबी सूची तैयार की गई है, जिसके जरिए वित्तीय गड़बड़ी के अंतिम लाभार्थियों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है।इस वित्तीय घोटाले की जड़ों तक पहुंचने के लिए ईडी के हैदराबाद जोनल कार्यालय ने 11 जून को पीएमएलए के कड़े प्रावधानों के तहत एक साथ पांच प्रमुख ठिकानों पर व्यापक तलाशी अभियान चलाया था। इस रेड के दौरान करुमुरी सुनील कुमार, उनके पिता, आंध्र प्रदेश सरकार के पूर्व आईटी सलाहकार और इस कथित शराब सिंडिकेट के मुख्य षड्यंत्रकारी माने जा रहे केसिरेड्डी राजा शेखर रेड्डी, आंध्र प्रदेश राज्य पेय पदार्थ निगम लिमिटेड यानी एपीएसबीसीएल (APSBCL) के पूर्व प्रबंध निदेशक डोंटिरेड्डी वासुदेव रेड्डी, विजया नरसिम्हा रेड्डी और वल्लू संदीप से संबंधित आवासीय और व्यावसायिक परिसरों की गहन तलाशी ली गई थी। इस छापेमारी में प्रवर्तन निदेशालय के अधिकारियों ने करोड़ों की चल-अचल संपत्तियों के दस्तावेजी सबूत अपने कब्जे में लिए थे।तलाशी की इस कार्रवाई के दौरान जांच एजेंसी ने कई विलासिता पूर्ण सामान, एक हाई-एंड लग्जरी कार, 94.5 लाख रुपये मूल्य की दुर्लभ ब्रांडेड घड़ियां और भारी मात्रा में बेहिसाब नकदी जब्त की थी। इसके अतिरिक्त संदिग्ध संयुक्त उद्यम समझौतों (Joint Venture Agreements), फर्जी नकद लेनदेन की कच्ची डायरियां और बेनामी संपत्तियों की खरीद-फरोख्त से जुड़े महत्वपूर्ण दस्तावेज भी बरामद किए गए थे। इन आपत्तिजनक साक्ष्यों के मिलने के बाद उसी दिन ईडी ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी केसिरेड्डी राजा शेखर रेड्डी और पूर्व एमडी डोंटिरेड्डी वासुदेव रेड्डी को गिरफ्तार कर लिया था, जिनसे मिली रिमांड डायरी की जानकारियों ने पूर्व मंत्री अंबाती रामबाबू के दरवाजे तक जांच का रुख मोड़ दिया।प्रवर्तन निदेशालय ने इस धन शोधन मामले की औपचारिक शुरुआत आंध्र प्रदेश अपराध जांच विभाग यानी सीआईडी (CID) द्वारा दर्ज प्राथमिकी के आधार पर की थी। यह मूल एफआईआर राज्य सरकार के सतर्कता विभाग के अतिरिक्त सचिव द्वारा सौंपी गई आधिकारिक शिकायत पर दर्ज की गई थी। सतर्कता जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ था कि शराब परिवहन के ठेकों में जानबूझकर की गई सुनियोजित अनियमितताओं के चलते राज्य के सरकारी खजाने को सीधे तौर पर 195.33 करोड़ रुपये के भारी वित्तीय नुकसान का सामना करना पड़ा। इस पूरी लूट को अंजाम देने के लिए प्रशासनिक नियमों और टेंडर की पूर्व-निर्धारित शर्तों को ताक पर रख दिया गया था।जांच में ईडी ने यह दावा किया कि एपीएसबीसीएल की शराब ढुलाई निविदा की आवश्यक शर्तों में शीर्ष स्तर से जानबूझकर बदलाव किए गए ताकि बाजार की अन्य योग्य और सक्षम लॉजिस्टिक्स कंपनियों को होड़ से बाहर किया जा सके। यह नीतिगत हेरफेर केवल चुनिंदा निजी कंपनियों को अनुचित लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से किया गया था। इनमें 'सिग्मा सप्लाई चेन सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड' (SSCSPL) और बाद में 'प्रसाद ट्रांसपोर्ट्स' को आगे लाया गया। वित्तीय जांच एजेंसी के अनुसार, ये कंपनियां केवल कागजों पर टेंडर हथियाने वाली मुखौटा इकाइयां थीं, जबकि इन कंपनियों की वित्तीय डोर और वास्तविक नियंत्रण पर्दे के पीछे बैठे कुछ बेहद प्रभावशाली राजनेताओं और उनके करीबी सहयोगियों के हाथों में था।ईडी की विस्तृत चार्जशीट और जांच रिपोर्ट के अनुसार, शराब परिवहन के माध्यम से सरकारी धन को निजी जेबों में ट्रांसफर करने के लिए एक बहुस्तरीय गुप्त नेटवर्क तैयार किया गया था। इस गठजोड़ में केसिरेड्डी राजा शेखर रेड्डी, तुकेकुला ईश्वर किरण कुमार रेड्डी और अंजनी कुमार ने निगम के तत्कालीन प्रबंध निदेशक डोंटिरेड्डी वासुदेव रेड्डी के साथ मिलकर पूरी योजना बनाई थी। इन लोगों ने आपस में सांठगांठ करके शराब ढुलाई के ठेके बाजार की वास्तविक दरों से लगभग दोगुनी ऊंची कीमत पर आवंटित करा लिए। कागजों पर एसएससीएसपीएल का इस्तेमाल केवल एक वैध निविदाकर्ता का चेहरा दिखाने के लिए किया गया, जबकि सड़क पर वास्तविक ट्रांसपोर्टेशन का काम तुकेकुला ईश्वर किरण कुमार रेड्डी उर्फ किरण कुमार और उनकी टीम संभालती थी।जांच में सबसे चौंकाने वाला तथ्य यह सामने आया कि शराब के कार्टन बॉक्स की ढुलाई दरों में कृत्रिम रूप से भारी बढ़ोतरी की गई थी। पूर्ववर्ती व्यवस्था में जिला स्तर पर प्रति कार्टन बॉक्स परिवहन की औसत दर करीब 19.68 रुपये थी, जिसे बिना किसी तार्किक या बाजार विश्लेषण के सीधे बढ़ाकर 35.57 रुपये प्रति बॉक्स कर दिया गया। इस भारी अंतर से शराब सिंडिकेट ने करोड़ों रुपये का अवैध मुनाफा कमाया। इतना ही नहीं, एजेंसी की पड़ताल में यह भी स्पष्ट हुआ है कि इस सिंडिकेट ने ढुलाई के छोटे-छोटे उप-ठेके (Sub-contracts) विभिन्न जिलों के स्थानीय राजनीतिक नेताओं, उनके रिश्तेदारों और शैल कंपनियों को बांट दिए थे ताकि किसी भी स्तर पर विरोध न हो और सरकारी धन की बंदरबांट निर्बाध रूप से जारी रहे।जांच एजेंसी ने आंध्र प्रदेश सरकार के पूर्व आईटी सलाहकार केसिरेड्डी राजा शेखर रेड्डी को इस पूरे घोटाले का मास्टरमाइंड और रणनीतिकार करार दिया है। उन्होंने अपने राजनीतिक रसूख और पद की धौंस दिखाकर निगम के पूर्व एमडी डोंटिरेड्डी वासुदेव रेड्डी के साथ मिलकर यह खेल रचा। वासुदेव रेड्डी पर यह गंभीर आरोप है कि उन्होंने एपीएसबीसीएल की पहले से सफलतापूर्वक चल रही विकेंद्रीकृत परिवहन व्यवस्था को एक झटके में समाप्त कर दिया। पहले शराब ढुलाई का प्रबंधन जिला स्तरीय कमेटियों के जरिए पारदर्शी तरीके से होता था, लेकिन उसे बदलकर पूरे राज्य के लिए एक केंद्रीकृत नीति थोप दी गई। इसके लिए सरकार को गुमराह करने वाली भ्रामक रिपोर्टें भेजी गईं और काल्पनिक तकनीकी अड़चनों का बहाना बनाया गया।इतना ही नहीं, डोंटिरेड्डी वासुदेव रेड्डी ने राज्य मंत्रिमंडल या सक्षम सरकारी प्राधिकारी की अनिवार्य वैधानिक मंजूरी लिए बिना ही इस केंद्रीकृत नीति को लागू कर दिया। इसके बाद एसएससीएसपीएल को दिए गए परिवहन ठेके की समय सीमा को बिना किसी नए टेंडर के बार-बार गैरकानूनी रूप से बढ़ाया गया। मूल अनुबंध की अवधि समाप्त होने के बाद भी यह विस्तार जारी रहा। इस प्रशासनिक मनमानी, निविदा हेरफेर और दरों में कृत्रिम उछाल के कारण सरकारी राजस्व को 195.33 करोड़ रुपये की सीधी चपत लगी। अब जब ईडी ने पूर्व मंत्री अंबाती रामबाबू को तलब किया है, तो पूछताछ में यह जानने की कोशिश की जाएगी कि इस परिवहन नीति के बदलाव और ठेकों के विस्तार में उनकी क्या प्रत्यक्ष या परोक्ष भूमिका थी और क्या इस अवैध कमीशन का कोई हिस्सा चुनावी फंडिंग या निजी संपत्तियों के निर्माण में इस्तेमाल किया गया।
भारतीय क्रिकेटर प्रेमा रावत ने महिला टी-20 क्रिकेट में सबसे तेज अर्धशतक लगा दिया है। 24 साल की प्रेमा ने सीनियर विमेंस टी-20 ट्रॉफी में उत्तराखंड की ओर से खेलते हुए हैदराबाद के खिलाफ 14 गेंदों में फिफ्टी पूरी की। उन्होंने 50 रन की नाबाद पारी खेली। इससे पहले यह रिकॉर्ड 15 गेंदों में अर्धशतक लगाने वाली तीन खिलाड़ियों के नाम संयुक्त रूप से था। पुणे के MCA क्रिकेट स्टेडियम में उत्तराखंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 187 रन बनाए। जवाब में हैदराबाद की टीम 98 रन ही बना सकी। उत्तराखंड ने यह मैच 89 रन से जीता। प्रेमा ने बल्ले के बाद गेंद से भी कमाल किया और 12 रन देकर 2 विकेट लिए। उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। पारी में 6 चौके और 4 छक्के लगाए प्रेमा चौथे नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरीं। उस समय पारी के सिर्फ आखिरी तीन ओवर बाकी थे। उन्होंने आते ही तेज गेंदबाज साक्षी राव की गेंदों पर लगातार तीन चौके लगाए। इसके बाद ऑफ स्पिनर वांका पूजा के ओवर में 18 रन बटोरे। आखिरी ओवर में उन्होंने कुंचला नितीशा की गेंदों पर छक्के और चौके लगाए। उनकी पारी में 6 चौके और 4 छक्के शामिल रहे। स्ट्राइक रेट 357.14 रहा। दूसरे छोर पर राघवी बिष्ट ने भी शानदार बल्लेबाजी की। उन्होंने 50 गेंदों में नाबाद 72 रन बनाए। हैदराबाद को 98 रन पर रोका बल्लेबाजी के बाद प्रेमा ने गेंदबाजी में भी योगदान दिया। उन्होंने हैदराबाद की ओपनर जी काव्याश्री और एन क्रांति रेड्डी को आउट किया। जून में किया था भारत के लिए डेब्यू प्रेमा ने जून 2026 में साउथ अफ्रीका के खिलाफ भारत की ओर से अपना पहला टी-20 इंटरनेशनल मैच खेला था। वह लेग स्पिन गेंदबाज हैं और दाएं हाथ से बल्लेबाजी करती हैं। अब तक खेले 7 T20 इंटरनेशनल मैचों में उनके नाम 7 विकेट हैं। एशिया कप के ग्रुप स्टेज में पाकिस्तान के खिलाफ उन्होंने 9 रन देकर 3 विकेट लिए थे। RCB की दोनों खिताबी टीमों का हिस्सा रहीं प्रेमा विमेंस प्रीमियर लीग (WPL) में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) की टीम का हिस्सा हैं। वह 2025 और 2026 में खिताब जीतने वाली RCB टीम में शामिल थीं। टूर्नामेंट में अब तक 6 मैच खेलकर उन्होंने 3 विकेट लिए हैं। फ्रेंचाइजी ने 2027 सीजन से पहले उन्हें टीम में बरकरार रखा है।
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मध्यप्रदेश में राज्यसभा की एक सीट के उपचुनाव में भाजपा के उम्मीदवार केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी के अलावा तेलंगाना के एक ऐसे शख्स ने भी दावेदारी की तैयारी की है, जो 50 से ज्यादा चुनाव लड़ चुका है। नाम है कांते सयन्ना। लोकसभा, विधानसभा, विधान परिषद से लेकर राज्यसभा और उपराष्ट्रपति पद तक के चुनाव में किस्मत आजमा चुके सयन्ना अब मध्यप्रदेश से राज्यसभा पहुंचना चाहते हैं। इसके लिए उन्होंने विधानसभा से नामांकन फॉर्म लिया है। हालांकि, निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ने के लिए जरूरी 10 विधायकों के प्रस्तावकों के हस्ताक्षर जुटाना उनके सामने सबसे बड़ी चुनौती है। तेलंगाना के हैदराबाद से भोपाल पहुंचे सयन्ना ने बातचीत में बताया कि वे अब तक पांच बार लोकसभा, आठ बार विधानसभा और छह बार विधान परिषद का चुनाव लड़ चुके हैं। इसके अलावा 10 से 12 बार राज्यसभा के लिए भी प्रयास कर चुके हैं। उपराष्ट्रपति पद के चुनाव में भी अपनी दावेदारी पेश कर चुके हैं। उनका कहना है कि वे किसी एक राजनीतिक दल से बंधे नहीं हैं और चुनाव लड़ने का खर्च खुद उठाते हैं। पहले भी प्रस्तावकों के हस्ताक्षर नहीं मिलने से अटकी थी उम्मीदवारी सयन्ना ने बताया कि राज्यसभा चुनाव के लिए वे अपने दस्तावेज और शपथ-पत्र लेकर आए हैं। नामांकन के लिए 10 प्रस्तावकों के हस्ताक्षर जरूरी हैं। उनका आरोप है कि मध्यप्रदेश में कुछ विधायक हस्ताक्षर करने के लिए तैयार नहीं हो रहे हैं। पार्टी नेताओं को डर है कि उनके हस्ताक्षर करने से राजनीतिक मुश्किल खड़ी हो सकती है। कुछ विधायकों ने समर्थन देने की बात कही है। उन्होंने सोमवार तक हस्ताक्षर जुटाकर नामांकन की प्रक्रिया पूरी करने की उम्मीद जताई है। दिलचस्प यह है कि इसी साल मार्च में तेलंगाना की दो राज्यसभा सीटों के चुनाव में भी कांते सयन्ना निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर सामने आए थे। उस समय भी उन्होंने नामांकन दाखिल किया था, लेकिन 10 विधायकों के प्रस्तावकों का समर्थन नहीं होने के कारण उनका नामांकन जांच में निरस्त होने की आशंका जताई गई थी। यानी मध्यप्रदेश में भी उनके सामने वही पुरानी चुनौती है। 2018 में केसीआर के खिलाफ चुनाव लड़ने का दावा सयन्ना ने 2018 के तेलंगाना विधानसभा चुनाव का भी जिक्र किया। उनका दावा है कि उस चुनाव में वे तीसरे स्थान पर रहे थे। उनके मुताबिक, केसीआर पहले और वंटेरू प्रताप रेड्डी दूसरे स्थान पर थे। उन्होंने बताया कि वे अलग-अलग राज्यों में लोकसभा और विधानसभा चुनाव लड़ चुके हैं। उनका चुनाव प्रचार भी अपने स्तर पर होता है। पार्टी के बी-फॉर्म के बजाय जनता के समर्थन पर जोर सयन्ना का कहना है कि देश की राजनीतिक व्यवस्था में बदलाव की जरूरत है। अभी राजनीतिक दलों के बी-फॉर्म और पार्टी व्यवस्था का प्रभाव ज्यादा है, जबकि लोकतंत्र में जनता का वोट सबसे महत्वपूर्ण होना चाहिए। उन्होंने कहा कि वे चाहते हैं कि देश में पार्टी पर निर्भर राजनीतिक व्यवस्था के बजाय स्वतंत्र राजनीतिक व्यवस्था विकसित हो। इसके लिए उन्होंने काफी पढ़ाई और लेखन भी किया है। उनका मानना है कि एक दिन जनता को उनकी बात समझ आएगी और राजनीतिक व्यवस्था में बदलाव होगा।
आईआईटी हैदराबाद में बिना GATE दिए भी मिलेगा पीएचडी में एडमिशन, 10 नवंबर तक करें आवेदन
आईआईटी हैदराबाद ने पीएचडी प्रोग्राम 2027 सत्र के लिए ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए हैं। उच्च शिक्षा और रिसर्च के इच्छुक अभ्यर्थी आधिकारिक वेबसाइट iith.ac.in पर जाकर फॉर्म भर सकते हैं।
सावधान! WhatsApp पर आया नया स्कैम: भूलकर भी न दें 'यह' जवाब, वरना पलभर में खाली हो जाएगा बैंक खाता
Pc: india today व्हाट्सएप (WhatsApp) का इस्तेमाल आज करोड़ों लोग करते हैं, लेकिन इसके साथ ही ऑनलाइन ठगी के नए-नए तरीके भी सामने आ रहे हैं। हाल ही में एक नया और खतरनाक स्कैम सामने आया है, जिसके बाद पुलिस ने यूजर्स को कड़ी चेतावनी दी है। आइए जानते हैं क्या है यह स्कैम और इससे कैसे बचा जा सकता है। क्या है यह नया WhatsApp स्कैम ? रिपोर्ट्स के मुताबिक, स्कैमर्स अब लोगों को फंसाने के लिए एक नया तरीका अपना रहे हैं। इसमें यूजर्स को किसी अंतरराष्ट्रीय (International) या अनजान नंबर से व्हाट्सएप पर मैसेज आता है। अगर यूजर उस मैसेज के जवाब में सिर्फ 'NO' (ना) लिख देता है या रिप्लाई करता है, तो उसका फोन और व्हाट्सएप अकाउंट हैकर्स के कंट्रोल में जा सकता है। तेलंगाना (Hyderabad) पुलिस और साइबर सेल ने इस बारे में चेतावनी जारी करते हुए बताया है कि इस तरह के रिप्लाई से फोन में मालवेयर (Malware) एक्टिवेट हो सकता है, जिससे फोन की सारी पर्सनल जानकारी चोरी हो जाती है। इसके बाद बिना एटीएम या बैंक गए ही बैंक खाते से पैसे कटने के मैसेज आने लगते हैं और अकाउंट खाली हो सकता है। इस स्कैम से कैसे बचें? (बचाव के उपाय) अनजान नंबरों से सावधान रहें: किसी भी अज्ञात या अंतरराष्ट्रीय नंबर से आने वाले मैसेज का जवाब (विशेषकर 'Yes' या 'No') बिल्कुल न दें। OTP या पासवर्ड शेयर न करें: कभी भी किसी के साथ अपना ओटीपी, पिन या बैंक विवरण साझा न करें। एंटी-वायरस का इस्तेमाल करें: अपने स्मार्टफोन में एक अच्छा एंटी-वायरस सॉफ्टवेयर इंस्टॉल रखें, जो मैलवेयर और खतरनाक वायरस को ब्लॉक कर सके। साइबर फ्रॉड होने पर तुरंत शिकायत करें: यदि आपके साथ किसी भी तरह की ऑनलाइन ठगी होती है, तो तुरंत 1930 नंबर पर कॉल करके साइबर क्राइम की शिकायत दर्ज कराएं या सरकार के अधिकारिक पोर्टल/संचार साथी (Sanchar Saathi) ऐप का उपयोग करें।
वैभव बैठेंगे बाहर, संजू खेलेंगे... हैदराबाद टी20 में ऐसी होगी प्लेइंग 11
भारत और वेस्टइंडीज के बीच पांच मैचों की T20 सीरीज का चौथा मुकाबला हैदराबाद में है. सीरीज में 2-1 से आगे भारतीय टीम अपनी जीत की लय बरकरार रखना चाहेगी. वैभव सूर्यवंशी को फिर प्लेइंग 11 में मौका मिलने की संभावना कम है, जबकि संजू सैमसन पर भरोसा कायम रह सकता है. कुलदीप यादव की जगह भी पक्की नहीं है.
Gyanesh Kumar के खिलाफ अब Asaduddin Owaisi, बोले- हैदराबाद में Jantar Mantar से बड़े प्रदर्शन होंग
Gyanesh Kumar के खिलाफ अब Asaduddin Owaisi, बोले- हैदराबाद में Jantar Mantar से बड़े प्रदर्शन होंग Hyderabad Form-7 को लेकर सियासी विवाद बढ़ता जा रहा है।
TGSRTC Lady Conductor Saritha ने जहांगीर को लौटाया 3 Lakhs रुपयों से भरा बैग, बनीं मिसाल। Hyderabad
TGSRTC Lady Conductor Saritha ने जहांगीर को लौटाया 3 Lakhs रुपयों से भरा बैग, बनीं मिसाल। Hyderabad तेलंगाना में TGSRTC की एक बस में हज पर जा रहे दंपति का 3 लाख रुपये नकद से भरा बैग छूट गया। अफजलगंज में उतरने के बाद जब उन्हें अपनी गलती का एहसास हुआ तो वे घबराकर वापस बस स्टैंड पहुंचे।
Boyfriend on Rent Scam: Hyderabad IPS ने बताया कैसे ठगी का शिकार हो रही लड़कियां? Cyber Fraud
Boyfriend on Rent Scam: Hyderabad IPS ने बताया कैसे ठगी का शिकार हो रही लड़कियां? Cyber Fraud
Crime Katha: Hyderabad में बीच सड़क Fasi Ahmed को दी दर्दनाक मौत, इलाका सन्न | Aamer Murder
हैदराबाद के सईदाबाद इलाके में दिनदहाड़े हुई एक दिल दहला देने वाली हत्या ने पूरे शहर को झकझोर दिया। 35 वर्षीय कपड़ा कारोबारी फासी अहमद उर्फ आमेर पर सरेआम धारदार हथियारों से हमला किया गया।
फैंस का इंतजार हुआ खत्म, इस दिन हैदराबाद में लॉन्च होगा 'नागबंधम' का भव्य ट्रेलर
'नागबंधम' ने 2026 की सबसे चर्चित भारतीय फिल्मों में अपनी जगह बना ली है। फिल्म की घोषणा के बाद से ही इसके अलग-अलग प्रमोशनल कंटेंट ने दर्शकों का ध्यान खींचा है। विराट कर्णा, ऋषभ साहनी, नभा नटेश, जगपति बाबू और अन्य कलाकारों से सजी इस फिल्म के दमदार ...
Karan Johar की Malayalam Cinema में Grand Entry, Prithviraj संग Odiyan से करेंगे बड़ा धमाका
साउथ सिनेमा के सुपरस्टार पृथ्वीराज सुकुमारन इन दिनों जबरदस्त सुर्खियों में हैं। बॉलीवुड के दिग्गज फिल्ममेकर करण जौहर की कंपनी धर्मा प्रोडक्शंस ने मलयालम फिल्म इंडस्ट्री में अपना पहला कदम रख दिया है और इसके लिए उन्होंने पृथ्वीराज सुकुमारन के साथ हाथ मिलाया है। दोनों ने मिलकर अपनी नई पैन-इंडिया फिल्म ओडियन: द एज ऑफ इल्यूजन की ऑफिशियल अनाउंसमेंट कर दी है। यह एक बड़े लेवल की पीरियड ड्रामा फिल्म होगी, जिसकी कहानी 19वीं सदी के केरल की लोककथाओं और रहस्यमयी ताकतों पर आधारित है। हॉरर और थ्रिलर का तगड़ा कॉम्बिनेशन इस फिल्म का डायरेक्शन भ्रमयुगम जैसी सुपरहिट हॉरर फिल्म बनाने वाले राहुल सदाशिवन कर रहे हैं। फिल्म में पृथ्वीराज सुकुमारन के साथ साउथ की बेहतरीन एक्ट्रेस मंजू वारियर लीड रोल में नजर आएंगी। इस फिल्म को धर्मा प्रोडक्शंस और पृथ्वीराज प्रोडक्शंस मिलकर प्रोड्यूस कर रहे हैं। View this post on Instagram A post shared by Karan Johar (@karanjohar) इसे भी पढ़ें: Kalki 2 में Alia Bhatt की सीक्रेट एंट्री, Hyderabad में चुपचाप शूट किया दमदार रोल करण जौहर ने सोशल मीडिया पर अपनी खुशी जाहिर करते हुए कहा कि वे काफी समय से मलयालम सिनेमा के क्राफ्ट और उनकी कहानियों के फैन रहे हैं। जब राहुल सदाशिवन का यह विजन और शानदार स्क्रिप्ट उनके पास आई, तो उन्हें लगा कि मलयालम इंडस्ट्री में कदम रखने का इससे बेहतर मौका नहीं हो सकता। यह फिल्म मलयालम के साथ-साथ हिंदी, तमिल, तेलुगू और कन्नड़ भाषाओं में भी रिलीज की जाएगी। इसे भी पढ़ें: आजकल आदमियों से बन नहीं रही, Veer Sahu संग तल्खी के बीच Sapna Choudhary का बड़ा बयान पृथ्वीराज वाराणसी में बनेंगे खूंखार विलेन करण जौहर के प्रोजेक्ट के अलावा पृथ्वीराज सुकुमारन बाहुबली और RRR फेम डायरेक्टर एस.एस. राजामौली की अपकमिंग मेगा-बजट फिल्म वाराणसी को लेकर भी खूब चर्चा बटोर रहे हैं। लगभग 1400 करोड़ रुपये के रिकॉर्ड तोड़ बजट से बन रही इस फिल्म में पृथ्वीराज एक खूंखार विलेन कुंभा के रोल में नजर आने वाले हैं। इस फिल्म में वे पहली बार सुपरस्टार महेश बाबू और ग्लोबल आइकॉन प्रियंका चोपड़ा के साथ स्क्रीन शेयर करेंगे। इस एडवेंचर-थ्रिलर फिल्म की शूटिंग फिलहाल तेजी से चल रही है, जिसमें अंतरिक्ष से लेकर अंटार्कटिका तक की टाइमलाइंस दिखाई जाएंगी। फैंस इस विजुअल ट्रीट का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं और यह फिल्म अगले साल यानी 2027 में सिनेमाघरों में तहलका मचाने आ रही है।
Kalki 2 में Alia Bhatt की सीक्रेट एंट्री, Hyderabad में चुपचाप शूट किया दमदार रोल
डायरेक्टर नाग अश्विन की फिल्म कल्कि साल 2024 की सबसे बड़ी ब्लॉकबस्टर रही है, जिसमें प्रभास, अमिताभ बच्चन और कमल हासन जैसे सुपरस्टार्स ने धमाल मचाया था। अब इसके दूसरे पार्ट को लेकर एक बहुत बड़ा अपडेट सामने आ रहा है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, बॉलीवुड क्वीन आलिया भट्ट अब इस बड़े साइंस-फिक्शन यूनिवर्स का हिस्सा बन चुकी हैं। खबर है कि आलिया ने पिछले महीने हैदराबाद में लगभग 5 दिनों तक फिल्म के दूसरे शेड्यूल की शूटिंग भी पूरी कर ली है। हालांकि मेकर्स ने अभी तक इसका कोई ऑफिशियल अनाउंसमेंट नहीं किया है, लेकिन अगर ये खबर सच है, तो प्रभास और नाग अश्विन के साथ आलिया का यह पहला बड़ा कोलेबोरेशन होगा। दीपिका की जगह साई पल्लवी की एंट्री, तो आलिया का क्या है रोल? शुरुआत में ऐसी अफवाहें थीं कि दीपिका पादुकोण के फिल्म से बाहर होने के बाद आलिया भट्ट उनके किरदार सुमति (भगवान कल्कि की मां) का रोल निभाएंगी। लेकिन ताजा अपडेट्स कुछ और ही कहानी बयां कर रहे हैं। चर्चा है कि दीपिका के हटने के बाद सुमति का रोल निभाने की रेस में साउथ एक्ट्रेस साई पल्लवी सबसे आगे चल रही हैं। वहीं, आलिया भट्ट को इस फिल्म में रिप्लेसमेंट के तौर पर नहीं, बल्कि एक बिल्कुल नए और बेहद दमदार कैरेक्टर के लिए कास्ट किया गया है, जो कहानी में एक नया ट्विस्ट लेकर आएगा। इसे भी पढ़ें: गोविंदा के बालों का खुला राज! पत्नी Sunita Ahuja बोलीं- हां, Hair Patch लगाते हैं, इसमें बुरा क्या? कब रिलीज होगी कल्कि 2? कल्कि 2 के अगले फेज की शूटिंग को लेकर टीम काफी एक्टिव नजर आ रही है। खबरों की मानें तो फिल्म का बाकी शेड्यूल अगले साल अप्रैल तक पूरा कर लिया जाएगा। मेकर्स इस फिल्म के पोस्ट-प्रोडक्शन और हैवी वीएफएक्स पर काफी समय लगाने वाले हैं, ताकि दर्शकों को एक शानदार विजुअल एक्सपीरियंस मिल सके। फिलहाल फिल्म को दिसंबर 2027 में सिनेमाघरों में रिलीज करने की प्लानिंग की जा रही है, हालांकि अभी फाइनल रिलीज डेट का इंतजार है। इसे भी पढ़ें: मेरे प्रिय कॉकरोचों, पलट मत जाना... Abhijeet Dipke के बेहोश होने पर Shekhar Suman ने ली चुटकी आलिया की अल्फा भी है तैयार कल्कि 2 के बज के बीच आलिया भट्ट अपनी अपकमिंग एक्शन थ्रिलर फिल्म अल्फा को लेकर भी काफी चर्चा में हैं। वाईआरएफ स्पाई यूनिवर्स की इस पहली फीमेल लीड फिल्म में आलिया के साथ शर्वरी, बॉबी देओल और अनिल कपूर भी मुख्य भूमिकाओं में हैं। यह हाई-ऑक्टेन एक्शन फिल्म इसी साल 3 जुलाई को सिनेमाघरों में रिलीज होने के लिए पूरी तरह तैयार है।
NTR फैंस के लिए डबल ट्रीट: हैदराबाद में बर्थडे सेलिब्रेशन संग NTRxNeel की देखने मिलेगी पहली झलक!
'मैन ऑफ द मासेस' एन. टी. रामा राव कई सालों बाद इस बार हैदराबाद में अपना जन्मदिन मनाने के लिए बिल्कुल तैयार हैं, जो उनके फैंस और चाहने वालों के लिए इस मौके को बहुत खास बना रहा है। एक्टर, जो पिछले कुछ सालों से लगातार शूटिंग और काम में बिजी थे, आखिरकार ...
रकुलप्रीत सिंह के भाई अमनप्रीत की तलाश कर रही हैदराबाद पुलिस, ड्रग्स केस में हैं फरार
बॉलीवुड एक्ट्रेस रकुल प्रीत सिंह के भाई अमनप्रीत सिंह की पुलिस एक ड्रग्स मामले में तलाक कर रही हैं। अमनप्रीत सिंह तेलुगू और हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में काम करते हैं। उन्हें हैदराबाद पुलिस ने शहर के मसाब टैंक इलाके में हाई-प्रोफाइल ड्रग्स केस में आरोपी ...
पर्दे पर आएगी हैदराबाद रेप केस की सच्ची तस्वीर, दिखेगी करीना-आयुष्मान की धमाकेदार जोड़ी
सच्ची कहानियों को संजीदगी से पर्दे पर उतारना मेघना गुलजार बेहतरीन तरीके से जानते हैं. फिल्म मेकर ने दीपिका पादुकोण के साथ छपाक, इरफान खान के साथ तलवार बना चुकी हैं. अब डायरेक्टर ने अब हैदराबाद में 2019 के दौरान हुए एक जघन्य अपराध को अपनी फिल्म की कहानी के लिए चुना है.
एसएस राजामौली सोमवार सुबह लोकसभा चुनाव के चौथे चरण के दौरान अपना वोट डालने के लिए निकले। फिल्म निर्माता न केवल अपने मताधिकार का प्रयोग करने के लिए हैदराबाद के मतदान केंद्रों पर तेलुगु सितारों की कतार में शामिल हुए, बल्कि उन्होंने मतदान के बाद अपनी और पत्नी राम राजामौली की एक तस्वीर भी साझा की। एसएस राजामौली का ट्वीट एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर फिल्म निर्माता ने उन परिस्थितियों का भी खुलासा किया जिनके तहत वह मतदान केंद्र पर पहुंचे। उन्होंने वोट डालने के बाद अपनी और रमा की स्याही लगी उंगलियां दिखाते हुए एक तस्वीर के साथ ट्वीट किया, “दुबई से उड़ान भरी… हवाईअड्डे से सीधे मतदान केंद्र पहुंचे, इसलिए थका हुआ लग रहा हूं… हो गया! आप? हैदराबाद में सेलेब्स ने डाला वोट चौथे चरण के लिए मतदान सोमवार सुबह 7 बजे शुरू हुआ और सभी लोकसभा क्षेत्रों में शाम 6 बजे तक जारी रहेगा। इससे पहले सोमवार को, ऑस्कर विजेता संगीतकार एमएम कीरावनी हैदराबाद के जुबली हिल्स में एक मतदान केंद्र पर अपना वोट डालने के लिए निकले। वोट डालने के बाद पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने कहा, ''आपको वोट देना होगा क्योंकि आप लोकतंत्र में हैं।'' उनसे पहले, दिग्गज अभिनेता चिरंजीवी ने पत्नी सुरेखा कोनिडेला के साथ लोकसभा चुनाव के चौथे चरण के दौरान अपने मताधिकार का प्रयोग किया। अभिनेता ने सोमवार सुबह मीडिया से बात करते हुए नागरिकों को वोट देने के लिए प्रोत्साहित किया। चिरंजीवी ने कहा, मैं लोगों से अपने वोट देने के अधिकार का प्रयोग करने का अनुरोध करता हूं। कृपया आएं और अपनी शक्ति का उपयोग करें। सिर्फ वह ही नहीं, जूनियर एनटीआर और फिल्म निर्माता तेजा भी सोमवार को तेलंगाना में मतदान केंद्र पर पहुंचे। 'मैं राजनीतिक तौर पर किसी भी पार्टी से जुड़ा नहीं हूं'- अल्लू अर्जुन इससे पहले दिन में अभिनेता अल्लू अर्जुन अपना वोट डालने के लिए हैदराबाद के मतदान केंद्र पर पहुंचे। वोट डालने के बाद मीडिया से बात करते हुए अर्जुन ने कहा, कृपया अपना वोट डालें। यह देश के सभी नागरिकों की जिम्मेदारी है। आज हमारे जीवन के अगले पांच वर्षों के लिए सबसे महत्वपूर्ण दिन है। एक बड़ा मतदाता होगा। मतदान प्रतिशत, क्योंकि अधिक से अधिक लोग मतदान करने के लिए बाहर आ रहे हैं, मैं आपको बताना चाहता हूं; मैं राजनीतिक रूप से किसी भी पार्टी से जुड़ा नहीं हूं, मैं सभी पार्टियों के प्रति तटस्थ हूं।''
रजाकार इस दिन सिनेमाघरों में होगी रिलीज, फिल्म में दिखेगी हैदराबाद नरसंहार की कहानी
Razakar The Silent Genocide of Hyderabad: 1947 में भारत को आज़ादी मिली, इसके बाद हैदराबाद में एक नरसंहार हुआ। इसके बारे में ना लोगों को ज्यादा पता है और ना ही किसी ने बताया। अब इस नरसंहार पर आधारित फिल्म 'रजाकार द साइलेंट जेनोसाइड ऑफ हैदराबाद' पैन ...

