करनाल पुलिस ने 6 आरोपियों को किया गिरफ्तार:नकदी, हेरोइन और मोबाइल बरामद, अलग-अलग मामलों में कार्रवाई
करनाल में अपराध और अवैध गतिविधियों के खिलाफ पुलिस का सख्त रुख लगातार जारी है। नशा तस्करी, सट्टेबाजी और छीना-झपटी जैसी वारदातों पर कार्रवाई करते हुए जिला पुलिस ने अलग-अलग मामलों में 6 आरोपियों को काबू किया है। पकड़े गए आरोपियों से पुलिस ने नशीला पदार्थ, सट्टे की नकदी और छीना गया मोबाइल फोन भी बरामद किया है। बता दे कि इन कार्रवाइयों से साफ है कि जिले में अपराधियों पर शिकंजा कसने का अभियान तेज कर दिया गया है। 19 ग्राम स्मैक सहित आरोपी काबू जिला पुलिस करनाल की एंटी नारकोटिक्स सेल ने बड़ी सफलता हासिल की। एंटी नारकोटिक्स सेल इंचार्ज सब इंस्पेक्टर हिम्मत सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने आरोपी कलवेहड़ी गांव सोहनलाल को काबू किया। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से 19 ग्राम स्मैक नशीला पदार्थ बरामद हुआ। आरोपी के खिलाफ थाना सिविल लाइन करनाल में मामला दर्ज किया गया। आरोपी को कोर्ट में पेश कर एक दिन का पुलिस रिमांड लिया गया है, ताकि नशा तस्करी के नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटाई जा सके। सट्टा खाईवाली करते चार आरोपी गिरफ्तार अवैध सट्टेबाजी पर रोक लगाने के लिए थाना सिविल लाइन पुलिस ने भी कार्रवाई की। यह कार्रवाई सब इंस्पेक्टर राजेश कुमार के नेतृत्व में की गई। पुलिस टीम ने कर्ण पार्क से सट्टा खाईवाली करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। इनमें शिवाजी कॉलोनी अमित गौतम, चुंगी गोगरीपुर नाथ साहनी, राजीवपुरम कमल और सग्गा प्रकाश शामिल हैं। मौके से 11 हजार 545 रुपये नकद बरामद किए गए, जो सट्टेबाजी से जुड़े पाए गए। छीना-झपटी का आरोपी दबोचा, मोबाइल बरामद थाना सिटी करनाल पुलिस ने छीना-झपटी की वारदात का भी खुलासा किया। एएसआई बलवान सिंह के नेतृत्व में गठित टीम ने आरोपी डेहा बस्ती अरुण पुत्र दर्शन सिंह को गिरफ्तार किया। आरोपी के कब्जे से छीना गया मोबाइल फोन और नकदी बरामद की गई। जांच में सामने आया कि बीती 10 फरवरी की रात आरोपी अपने साथियों के साथ वारदात कर फरार हुआ था।
बसंतपुर पुलिस ने 10 गुम मोबाइल बरामद कर लौटाए:राजनांदगांव में CEIR पोर्टल से मालिकों को मिले फोन
राजनांदगांव जिले की बसंतपुर थाना पुलिस ने एक विशेष अभियान के तहत तकनीकी माध्यमों का उपयोग कर बड़ी सफलता हासिल की है। शुक्रवार को थाना परिसर में आयोजित एक कार्यक्रम में पुलिस ने विभिन्न आवेदकों के 10 गुम हुए मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक मालिकों को सौंप दिए। इन मोबाइलों की कुल बाजार कीमत लगभग 1,50,000 रुपए आंकी गई है। यह कार्रवाई जिला पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के कुशल निर्देशन में की गई। थाना प्रभारी निरीक्षक एमन साहू के नेतृत्व में पुलिस टीम ने भारत सरकार के CEIR (Central Equipment Identity Register) पोर्टल की मदद से इन मोबाइलों को ट्रैक किया और उन्हें बरामद करने में सफलता प्राप्त की। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की मोबाइल स्वामियों ने सराहना करते हुए राजनांदगांव पुलिस का आभार व्यक्त किया। यह अभियान लगातार जारी है; इससे पहले जनवरी 2026 में भी 1,70,000 रुपए मूल्य के 12 मोबाइल फोन बरामद कर उनके मालिकों को सौंपे गए थे। पुलिस की अपील- लावारिस मोबाइल का उपयोग न करें इस अवसर पर अधिकारियों ने आम नागरिकों से अपील की। उन्होंने कहा कि यदि कहीं भी लावारिस या गुम मोबाइल मिलता है, तो उसका उपयोग बिल्कुल न करें। उसे तुरंत अपने नजदीकी थाने में जमा कराएं, ताकि वह उसके असली मालिक तक पहुंच सके। साथ ही, मोबाइल गुम होने पर तुरंत पुलिस को सूचना दें, ताकि पोर्टल के माध्यम से उसे ब्लॉक या ट्रैक किया जा सके। इस सफल कार्यवाही में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर और नगर पुलिस अधीक्षक वैशाली जैन (आईपीएस) का मार्गदर्शन महत्वपूर्ण रहा। थाना प्रभारी एमन साहू, सीसीटीएनएस आरक्षक भवानी थनापति, आरक्षक भुनेश्वर जायसी सहित अन्य स्टाफ का भी इसमें विशेष योगदान रहा।
कोंडागांव जिले में कुष्ठ रोग नियंत्रण और टीबी उन्मूलन के लिए व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। जिला कलेक्टर नूपुर राशि पन्ना के निर्देश और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आरके चतुर्वेदी के मार्गदर्शन में यह 'सम्पूर्णता अभियान' जिले के सभी पांच विकासखंडों में जारी है। इसी क्रम में, 13 फरवरी को विकासखंड कोंडागांव के बम्हनी सेक्टर की स्वास्थ्य टीम ग्राम इसलनार पहुंची। यहां हायर सेकेंडरी स्कूल में कक्षा 12वीं के विद्यार्थियों के विदाई कार्यक्रम के अवसर पर छात्रों, शिक्षकों और ग्रामीणों को कुष्ठ रोग और टीबी से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। स्वास्थ्य विभाग के पर्यवेक्षक संजय नायडू और बोरगांव आयुष्मान आरोग्य मंदिर के ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक घुडवंत कुलदीप ने बताया कि दोनों ही रोगों की जांच और उपचार की सुविधा पूरी तरह उपलब्ध है। उन्होंने लोगों से लक्षण दिखाई देने पर तत्काल संबंधित स्वास्थ्य कर्मचारी या मितानिन से संपर्क कर जांच कराने का आग्रह किया। मोबाइल एक्स-रे मशीन से मरीजों को राहत ग्रामीण क्षेत्रों के लिए एक बड़ी राहत के तौर पर मोबाइल एक्स-रे मशीन उपलब्ध कराई गई है। स्वास्थ्य पर्यवेक्षक ने जानकारी दी कि पहले टीबी की जांच के लिए मरीजों को जिला अस्पताल तक जाना पड़ता था, जिससे दूरस्थ अंचलों के लोगों को काफी परेशानी होती थी। इस समस्या के समाधान के लिए जिला प्रशासन की विशेष पहल पर यह सुविधा शुरू की गई है। टीबी नियंत्रण कार्यक्रम की जिला टीम प्रतिदिन ग्रामीण क्षेत्रों का भ्रमण कर रही है। टीम ने प्रतिदिन 100 नागरिकों की एक्स-रे जांच का लक्ष्य निर्धारित किया है। इस जांच में टीबी संक्रमित परिवार के सदस्य, संभावित मरीज, 60 वर्ष से अधिक आयु के नागरिक और नशे का सेवन करने वाले व्यक्तियों को प्राथमिकता दी जाएगी, ताकि समय पर उपचार शुरू कर संक्रमण की श्रृंखला को तोड़ा जा सके। कार्यक्रम में कुष्ठ रोग को लेकर फैली भ्रांतियों को दूर करने पर भी जोर दिया गया। बताया गया कि कुष्ठ रोग को पहले असाध्य माना जाता था, लेकिन अब इसकी पूरी जांच और इलाज उपलब्ध है। शरीर में सुन्नपन, हल्के या गहरे दाग, आंखों की भौंहों का झड़ना, कान के पास मोटापन या किसी भी प्रकार की गांठ दिखाई देने पर तुरंत जांच कराने की सलाह दी गई।
लखीसराय के तेतरहाट थाना क्षेत्र में गुरुवार देर रात भाजपा प्रखंड अध्यक्ष के पुत्र से हथियारबंद अपराधियों ने बाइक, मोबाइल और नकदी लूट ली। यह घटना सतसंडा गांव के पास तब हुई जब पीड़ित लखीसराय से अपने गांव लौट रहा था। खैरमा गांव निवासी हलसी भाजपा प्रखंड अध्यक्ष राजीव रंजन उर्फ पप्पू सिंह के पुत्र सुशांत कुमार लखीसराय के एक अस्पताल से अपने परिजन से मिलकर बाइक से घर लौट रहे थे। विरोध करने पर जान से मारने की धमकी तेतरहाट बाजार से सतसंडा पहाड़ पार करने के बाद तीन अज्ञात अपराधियों ने उनकी बाइक को ओवरटेक कर घेर लिया। अपराधी दूसरी बाइक पर सवार थे और हथियारों से लैस थे। अपराधियों ने हथियार के बल पर सुशांत कुमार से उनकी बाइक, मोबाइल फोन और पर्स छीन लिया। विरोध करने पर उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई और अपराधी मौके से फरार हो गए। पीड़ित ने बताया कि सभी अपराधी कम उम्र के लग रहे थे और पूरी वारदात कुछ ही मिनटों में हुई। तेतरहाट थाना में कराई एफआईआर दर्ज घटना के बाद सुशांत कुमार ने तेतरहाट थाना में लिखित आवेदन देकर प्राथमिकी दर्ज कराई है। तेतरहाट के अपर थाना अध्यक्ष विद्यानंद कुमार ने बताया कि पीड़ित परिवार से आवेदन प्राप्त हो गया है। पुलिस अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है और संभावित ठिकानों पर जांच अभियान चलाया जा रहा है। स्थानीय लोगों ने इस घटना के बाद रात्रि गश्ती बढ़ाने और अपराधियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की है। पुलिस ने मामले का जल्द खुलासा करने का आश्वासन दिया है।
धनबाद पुलिस ने बरवाअड्डा थाना कांड संख्या 297/2025 और 11/2026 में फरार चल रहे कुख्यात अपराधी किशन खान उर्फ तसलीम खान को रांची से गिरफ्तार किया है। आरोपी कुर्मीडीह, बरवाअड्डा थाना क्षेत्र का निवासी है और पुलिस को लंबे समय से उसकी तलाश थी। वहीं, सिटी एसपी ऋत्विक श्रीवास्तव ने प्रेस वार्ता कर जानकारी दी की वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर एक विशेष छापामारी दल का गठन किया गया था। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने रांची में छापेमारी कर आरोपी को पकड़ा और उसे बरवाअड्डा थाना लाया गया। पूछताछ के दौरान किशन खान ने दोनों मामलों में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है। उसने खुलासा किया कि वह कुख्यात अपराधी प्रिंस खान के लिए काम करता था। वह गिरोह के सदस्यों को रंगदारी वसूली के लिए व्यवसायियों के मोबाइल नंबर उपलब्ध कराता था। किशन खान अपराधियों को आश्रय देता था, उन्हें वित्तीय सहायता प्रदान करता था और रंगदारी से अर्जित अवैध रकम को जमीन तथा अन्य व्यवसाय में निवेश करता था। गिरफ्तार अपराधी की निशानदेही पर अन्य अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापामारी कर रही है। पुलिस ने आरोपी के पास से एक एंड्रॉयड मोबाइल फोन भी बरामद किया है। किशन खान का आपराधिक इतिहास रहा है। उसके खिलाफ बरवाअड्डा थाना में वर्ष 2025 और 2026 के कांडों सहित कई गंभीर धाराओं के तहत मामले दर्ज हैं। धनबाद पुलिस ने बताया है कि अपराधियों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा और गिरोह के अन्य सदस्यों को भी जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।
चंडीगढ़ के सेक्टर-16 स्थित गवर्नमेंट मल्टी-स्पेशियलिटी हॉस्पिटल (GMSH-16) में ड्रग डी-एडिक्शन एंड ट्रीटमेंट सेंटर (DDTC) को 27 जनवरी 2026 से दोबारा शुरू कर दिया गया है। चंडीगढ़ के हेल्थ सेक्रेटरी मंदीप सिंह बराड़ ने केंद्र का दौरा कर यहां उपलब्ध सुविधाओं और उपचार सुविधाओं का जायजा लिया। इस दौरान डायरेक्टर हेल्थ डॉ. सुमन सिंह और स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे। केंद्र में 10 बेड सामान्य मरीजों के लिए और 2 अतिरिक्त बेड महिलाओं व विशेष मरीजों के लिए आरक्षित किए गए हैं। अब यह केंद्र नशे की लत से जूझ रहे लोगों को भर्ती कर उपचार देने के लिए पूरी तरह तैयार है। मरीज व उसके परिवार से लिखित सहमति बता दें कि, सबसे पहले मरीज की ओपीडी में डॉक्टर जांच करते हैं और देखते हैं कि वह इलाज के लिए तैयार है या नहीं। मरीज की इच्छा से ही उसे भर्ती किया जाता है। मरीज और उसके परिवार से लिखित सहमति ली जाती है। इलाज के समय परिवार का एक सदस्य मरीज के साथ रह सकता है, ताकि उसे हौसला और सहारा मिल सके। केंद्र का वातावरण साफ, सुरक्षित और व्यवस्थित रखा गया है। मरीजों के लिए रात 10 बजे लाइट बंद करने जैसी नियमित दिनचर्या तय की गई है, जिससे उनमें अच्छी आदतें विकसित हों। इलाज के दौरान ग्रुप थेरेपी, काउंसलिंग और अन्य उपचार गतिविधियां करवाई जाती हैं। मरीजों के लिए अच्छा माहौल बनाने के लिए अखबार, किताबें, टीवी और खेलने का सामान रखा गया है। नशे की चीजें, मोबाइल गैजेट और बाहर का खाना लाने की इजाजत नहीं है। नियमों का पालन हो, इसके लिए समय-समय पर जांच की जाती है। मिलेगी किताबें और पढ़ने का सामान जांच के दौरान हेल्थ सेक्रेटरी ने कहा कि मरीजों के लिए हौसला बढ़ाने वाली किताबें और पढ़ने का सामान भी रखा जाना चाहिए। प्रशासन ने कहा कि यह सुविधा जल्दी शुरू कर दी जाएगी। नशा मुक्ति केंद्र के दोबारा शुरू होने से साफ है कि प्रशासन नशे की समस्या को गंभीरता से ले रहा है। यहां इलाज, परिवार का साथ और अच्छा माहौल देकर मरीजों को नई जिंदगी शुरू करने में मदद की जाएगी।
पाली में मोबाइल की दुकान से करीब एक करोड़ के मोबाइल चोरी हो गए। नकाबपोश बदमाश शटर तोड़कर दुकान में घुसे और 100 से ज्यादा मोबाइल लूटकर फरार हो गए। घटना जिले के सोजत में काका चौराहे पर स्थित हरिकृष्णा मोबाइल शॉप पर शुक्रवार तड़के की है। पूरी घटना दुकान में लगे सीसीटीवी में कैद हो गई। जिसमें साफ तौर पर नजर आ रहा है कि दो नकाबपोश बदमाश दुकान के अंदर से मोबाइल फोन लूट रहे हैं। आरोपियों ने भागते समय कैमरे पर स्प्रे भी किया था। पहले देखें घटना से जुड़े PHOTOS दो अंदर घुसे, तीन बाहर रैकी कर रहे थेसोजत थाने के सब इंस्पेक्टर गोपालसिंह राठौड़ ने बताया- चोरों ने सरिये से दुकान का शटर ऊंचा किया और अंदर घुसे। वारदात में 4 से 5 बदमाशों के शामिल होने का अनुमान है। दो नकाबपोश बदमाश तो दुकान के अंदर घुसे थे, जबकि तीन बदमाश बाहर रैकी कर रहे थे। वारदात शुक्रवार तड़के 3:43 से 3:55 के बीच की के बीच की है। राहगीर ने शटर घूमा हुआ देखाशुक्रवार सवेरे करीब 9 बजे रास्ते से गुजर रहे एक युवक ने दुकान के शटर में बैंड देखा। इस पर दुकानदार ईश्वर वैष्णव को सूचना दी। सूचना मिलते ही दुकानदार ईश्वर मौके पर पहुंचे। करीब 100 से ज्यादा मोबाइल चोरी, एक करोड़ का नुकसानईश्वर वैष्णव ने बताया- चोरों ने दुकान से आईफोन व सैमसंग के अलावा मैक्स प्रो सीरीज के करीब 100 से अधिक मोबाइल चुरा ले गए। जिनकी अनुमानित करीब एक करोड़ रुपए है। साथ ही गल्ले में रखी करीब 2.50 लाख की नकदी भी ले गए। वारदात के बाद आरोपी सीसीटीवी कैमरा पर स्प्रे करके चले गए। शुक्रवार सवेरे घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ जमा हो गई। सोजत थाना पुलिस टीम भी मौके पर पहुंची। घटनास्थल का मुआयना किया और मामले की जांच शुरू कर दी है। वहीं, मौके पर एफएसएल टीम को भी बुलाया गया है।
पूर्णिया में पुलिस की कस्टडी से दो चोर फरार हो गए। दोनों को ग्रामीणों ने मोबाइल चोरी करते रंगे हाथ पकड़ा और फिर पुलिस के हवाले कर दिया था। मौका पाकर दोनों चोर पुलिस वैन से कूदकर भाग निकले। इस घटना के बाद पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। घटना के. नगर थाना क्षेत्र की है। ग्रामीणों ने बताया कि गणेशपुर पंचायत के आलमनगर गांव में दो युवक मोबाइल चोरी की नीयत से पहुंचे थे। शक होने पर उन्होंने दोनों को पकड़ लिया। तलाशी के दौरान चोरी की मोबाइल बरामद हुई। इससे गुस्साए लोगों ने दोनों की पिटाई कर दी। सूचना मिलते ही एक एएसआई पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। दोनों को अपनी कस्टडी में ले लिया। स्थानीय लोगों में नाराजगी पुलिस टीम आरोपियों को वैन में बैठाकर थाने ला रही थी। बसहा गांव के पास पहुंचते ही अंधेरे का फायदा उठाकर चलती गाड़ी का पिछला दरवाजा खोल दिया और कूदकर फरार हो गए। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में इन दिनों मोबाइल झपटमारी और चोरी की घटनाएं बढ़ गई हैं। बड़ी मुश्किल से पकड़े गए आरोपियों के पुलिस हिरासत से भाग जाने से नाराजगी है। लोगों ने पुलिस की गश्ती व्यवस्था और सतर्कता पर सवाल उठाए हैं। आरोपी जिस बाइक से गांव पहुंचे थे, वह घटनास्थल पर ही बरामद हुई है। पुलिस बाइक के आधार पर आरोपियों की पहचान करने और उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी का दावा कर रही है। पुलिस अपने स्तर से जांच कर रही है इस संबंध में थानाध्यक्ष अजय कुमार अजनबी ने बताया कि ग्रामीणों ने दोनों युवकों को पकड़कर पुलिस के हवाले किया था। गश्ती वाहन से थाने लाने के दौरान वे रास्ते में कूदकर फरार हो गए। अब तक लिखित आवेदन नहीं दिया गया है, फिर भी पुलिस अपने स्तर से जांच कर रही है।
ग्वालियर के मुरार थाना क्षेत्र में गुरुवार रात पुलिस ने एक किराए के मकान पर दबिश देकर जुआ खेलते हुए 17 लोगों को गिरफ्तार किया। कार्रवाई शिवनगर कॉलोनी, बड़ागांव में मुखबिर की सूचना पर की गई। मौके से नगदी, 17 मोबाइल फोन और ताश की गड्डियां जब्त की गईं। कुछ लोग अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए। पुलिस ने पकड़े गए आरोपियों के पास से करीब 1 लाख 94 हजार रुपये नकद, 17 मोबाइल फोन और पांच ताश की गड्डियां जब्त कीं। सभी के खिलाफ जुआ एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। किराए के मकान में चल रहा था हार-जीत का खेल थाना प्रभारी मैना पटेल सिंह तोमर ने बताया कि सूचना मिली थी कि शिवनगर कॉलोनी बड़ागांव स्थित एक मकान में जुए का फड़ संचालित हो रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मकान की घेराबंदी कर दबिश दी। अंदर 17 लोग ताश के पत्तों पर दांव लगाते मिले। दबिश के दौरान पुलिस को देखकर वहां मौजूद लोगों में भगदड़ मच गई। पुलिस ने 17 लोगों को मौके से पकड़ लिया, जबकि कुछ आरोपी भाग निकले। उनकी तलाश की जा रही है। पूछताछ में पहले बताए गलत नाम पुलिस के अनुसार, पकड़े गए कुछ आरोपियों ने शुरुआती पूछताछ में गलत नाम बताए। सत्यापन के बाद दोबारा पूछताछ की गई, जिसमें उन्होंने अपने सही नाम बताए। पुलिस के मुताबिक पकड़े गए आरोपियों में मजदूरी और निजी नौकरी करने वाले लोग शामिल हैं। सभी आरोपियों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। पकड़े गए जुआरी
आरयू के प्राध्यापक का मोबाइल हैक, मैसेजिंग ऐप से संपर्क कर 2 परिचित से 80 हजार ठगा
रांची| रांची विश्वविद्यालय के सहायक प्राध्यापक डॉ. रीझु नायक का मोबाइल हैक करने के बाद मैसेजिंग ऐप से संपर्क कर 2 परिचित से साइबर अपराधियों ने 80 हजार रुपए की ठगी कर ली। जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा संकाय के शिक्षक डॉ. रीझु नायक ने पूरे मामले की जानकारी गुरुवार को साइबर थाने में देते हुए लिखित शिकायत की है। पुलिस जांच शुरू कर दी है। डॉ. नायक ने पुलिस को बताया है कि साइबर अपराधी उनका मोबाइल नंबर हैक कर मैसेजिंग ऐप से परिचितों व सहकर्मियों के अलावा छात्रों को संदेश भेजकर पैसों की मांग कर रहा है। साइबर फ्रॉड डॉ. नायक बनकर बातचीत कर रहा है और इमर्जेंसी बताकर लोगों से तत्काल ऑनलाइन ट्रांजेक्शन करा रहा है। एक परिचित 30 हजार, जबकि दूसरे परिचित ने 50 हजार रुपए साइबर फ्रॉड को ट्रांसफर भी कर दिए। टेक्निकल सेल की मदद से साइबर फ्रॉड तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है।
भागलपुर जिले में अपराध नियंत्रण के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। शिवनारायणपुर थाना क्षेत्र के हबीबपुर गांव से तीन अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है। उनके पास से अवैध हथियार, गोलियां, मोबाइल फोन और एक अपाची मोटरसाइकिल बरामद की गई है। डीएसपी-2 पंकज कुमार पासवान ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसकी जानकारी दी। गुप्त सूचना के अधार पर कार्रवाई में सफलता डीएसपी-2 ने बताया कि पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी। इसके अनुसार, घोघा थाना क्षेत्र के तीन युवक अपाची मोटर साइकिल से किसी बड़ी आपराधिक घटना को अंजाम देने की फिराक में थे। सूचना की गंभीरता को देखते हुए अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, कहलगांव के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया। टीम ने हबीबपुर गांव में छापेमारी कर तीनों संदिग्धों को मौके से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान पीयूष कुमार (पिता अनिल मंडल), मुकेश कुमार (पिता कामदेव यादव), दोनों निवासी आदर्शनगर फुलकिया, थाना घोघा, तथा सौरभ कुमार (पिता सुधीर मंडल), निवासी घोघा शाहपुर के रूप में हुई है। पुलिस ने उनके पास से दो लोडेड देसी कट्टा, .315 बोर की चार गोलियां, छह मोबाइल फोन और एक अपाची मोटरसाइकिल जब्त की है। एक अपराधी पर पहले से मामला दर्ज इस संबंध में शिवनारायणपुर थाना में कांड संख्या 22/26, दिनांक 12.02.2026 के तहत आर्म्स एक्ट की विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है। आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है। डीएसपी-2 ने बताया कि आरोपी सौरभ कुमार पूर्व में भी कहलगांव थाना कांड संख्या 556/24 (दिनांक 19.10.2024) में आर्म्स एक्ट के तहत जेल जा चुका है। अन्य आरोपियों के आपराधिक इतिहास की जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस त्वरित कार्रवाई से क्षेत्र में संभावित बड़ी आपराधिक घटना टल गई है। पुलिस ने कहा कि जिले में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने और आम लोगों में सुरक्षा की भावना बनाए रखने के लिए अपराधियों के खिलाफ सख्त अभियान जारी रहेगा।
हरियाणा के कुरुक्षेत्र के अकाउंटेंट की पंजाब में चाकू मारकर निर्मम हत्या कर दी। उसका खून से लथपथ शव नट बोल्ट बनाने वाली फैक्ट्री के पास खाली प्लाट में पड़ा मिला। युवक इसी फैक्ट्री में अकाउंटेंट था और रोजाना कुरुक्षेत्र से अपडाउन करता था। बुधवार की रात को वह घर नहीं पहुंचा तो परिवार ने उसके मोबाइल पर कॉल किया, जो स्वीच ऑफ था। रात भर परिजन उसके लौटने का इंतजार करते रहे, लेकिन सुबह तक उसका कोई पता नहीं चला। इसके बाद परिवार ने कुरुक्षेत्र पुलिस को मामले की जानकारी दी। गुरुवार को उसकी हत्या का पता चला। परिवार के लोग मौके पर पहुंचे। पंजाब पुलिस के मुताबिक, युवक के चेहरे, गले, छाती सहित शरीर के अन्य हिस्सों पर चाकू से वार के 12 निशान मिले है। उसकी निर्ममता से हत्या की है। सबसे खास बात यह है कि युवक का कैश और अन्य सामान सलामत है, केवल उसका मोबाइल गायब है। फिलहाल, पंजाब पुलिस ने मामला दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरे खंगाले जा रहे है। मृतक शादीशुदा था और दो बच्चों का पिता था। यहां जानिए कैसे हुआ अकाउंटेंट का मर्डर… पुलिस कर रही मामले की छानबीन: एसएचओथाना लालड़ू के SHO रणबीर सिंह ने बताया कि पुलिस ने शिकायत पर मर्डर का मामला दर्ज किया है। पुलिस इन्वेस्टिगेशन कर रही है। शुरुआती जांच से लग रहा है किसी रंजिश या कहासुनी में कुलदीप का मर्डर किया गया है। पुलिस ने डॉक्टरों के पैनल से पोस्टमॉर्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया। घटनास्थल के आसपास सीसीटीवी फुटेज भी चेक कर रही है। दो बच्चों का पिता था कुलदीप, परिवार में गम का माहौलभाई रामगोपाल उर्फ डिंपल ने बताया कि कुलदीप शादीशुदा था। उसकी पत्नी का नाम रीना है। करीब 15 साल पहले दोनों की शादी हुई थी। दोनों के 2 बेटे है है, जिनमें आयुष 12 साल और 7 साल का अक्षय है। करीब 12 साल से कुलदीप इसी फैक्ट्री में काम कर रहा था। उसकी मौत से परिवार में गम का माहौल है।------------------ ये खबर भी पढ़ें…हिसार के होटल में व्यापारी का मर्डर, गर्लफ्रेंड फरार:दोनों शादीशुदा, परिवार ने अंतिम संस्कार से किया इनकार; 3 बेटियों का पिता था हरियाणा के हिसार के होटल में व्यापारी का शव मिला है। वह अपनी गर्लफ्रेंड के साथ एक दिन पहले यहां आया था। दोनों होटल के कमरा नंबर 203 में ठहरे थे। कुछ घंटों बाद जब होटल कर्मी कुछ पूछने के लिए उनके कमरे का दरवाजा खटखटाता है तो कोई आवाज नहीं आती। (पूरी खबर पढ़ें)
पलवल में शादी का झांसा देकर एक युवती से लंबे समय तक रेप का मामला सामने आया है। होडल थाना पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि आरोपी को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। होडल थाना इंचार्ज राजेश कुमार ने बताया कि पीड़िता मूलरूप से राजस्थान के एक गांव की रहने वाली है और एक अस्पताल में कार्यरत है। जनवरी 2025 में वह चर्म रोग की दवा लेने चिल्ला गांव आई थी, जहां उसकी मुलाकात पुन्हाना के कूहकबाण निवासी डॉक्टर के बेटे आसिफ से हुई। आसिफ ने उसका मोबाइल नंबर ले लिया और बात करनी शुरू कर दी। आरोपी ने उससे शादी का वादा किया। जबरन शारीरिक संबंध बनाने का आरोप पीड़िता के अनुसार, आसिफ ने शादी का झांसा देकर उसे पहली बार नूंह बुलाया और वहां से होडल के एक होटल में ले गया। होटल में आरोपी ने उसके साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए। पीड़िता ने बताया कि इसके बाद आसिफ शादी का वादा दोहराते हुए उसे कभी भिवाड़ी, कभी नूंह तो कभी होडल बुलाकर लगातार उसका बार-बार शारीरिक शोषण करता रहा। आसिफ ने शादी से साफ इनकार किया जब पीड़िता ने शादी के लिए दबाव बनाया, तो 31 दिसंबर को आसिफ ने साफ इनकार कर दिया। युवती जब शिकायत लेकर आरोपी के घर पुन्हाना पहुंची, तो उसके परिजनों ने भी उसे घर से निकाल दिया। पुलिस के दबाव में शादी का आश्वासन दिया सूचना मिलने पर डायल 112 की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस के दबाव में परिजनों ने 10-15 दिन में शादी का आश्वासन दिया, लेकिन बाद में वे अपने वादे से मुकर गए। पुलिस ने युवती की शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
रीवा में नशीली कफ सिरप का अवैध कारोबार थमने का नाम नहीं ले रहा है। मनगवां थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए लूट जैसे संगीन मामलों में वांछित दो आदतन अपराधियों को अवैध ओनरेक्स कफ सिरप के साथ गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश करने की तैयारी शुरू कर दी है। मुखबिर की सूचना पर बनी रणनीति पुलिस को सूचना मिली थी कि ग्राम दुबहाई निवासी सुभाष मिश्रा उर्फ दादू मिश्रा और ग्राम फुलहा निवासी राहुल तिवारी नीले रंग की महिंद्रा XUV 300 कार से जरहा पुल के पास खड़े हैं और उनके पास अवैध नशीली कफ सिरप है। सूचना मिलते ही वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया गया और टीम गठित कर मौके के लिए रवाना किया गया। पुल के पास घेराबंदी, कार समेत पकड़े गए पुलिस टीम ने जरहा पुल के पास घेराबंदी कर दोनों आरोपियों को वाहन सहित पकड़ लिया। तलाशी लेने पर सफेद प्लास्टिक के झोले से 31 नग अवैध ओनरेक्स कफ सिरप बरामद हुई। मौके पर ही जब्ती पंचनामा तैयार किया गया। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे अपने अन्य साथियों के साथ लंबे समय से मादक पदार्थों के परिवहन और बिक्री के धंधे में लिप्त हैं। पुलिस अब उनके नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी है। पहले से दर्ज हैं कई गंभीर अपराध पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपियों के खिलाफ लूट, डकैती, गंभीर मारपीट, हत्या के प्रयास और बलवा सहित दो दर्जन से अधिक मामले पहले से दर्ज हैं। इस कार्रवाई को आदतन अपराधियों पर बड़ी चोट माना जा रहा है। थाना मनगवां में आरोपियों के विरुद्ध अपराध क्रमांक 110/2026 के तहत धारा 8, 21, 22 एनडीपीएस एक्ट तथा 5/13 औषधि नियंत्रण अधिनियम में प्रकरण पंजीबद्ध किया गया है। जब्त सामग्री पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 31 नग ओनरेक्स कफ सिरप (कीमत 7,750 रुपए), महिंद्रा XUV 300 कार क्रमांक UP 32 MX 2187 (कीमत लगभग 10 लाख रुपए), तीन मोबाइल फोन (कीमत 10,000 रुपए) और 600 रुपए नकद जब्त किए हैं। कुल जब्ती लगभग 10,38,350 रुपए आंकी गई है। एएसपी ने क्या कहा एएसपी संदीप मिश्रा ने बताया कि मुखबिर से मिली सूचना पर त्वरित कार्रवाई की गई। जिले में मादक पदार्थों के अवैध कारोबार के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है और इसमें शामिल तत्वों पर सख्ती से कार्रवाई जारी रहेगी।
परिजनों ने मोबाइल फोन नहीं दिलाया, तो घर छोड़ भागी किशोरी
फतेहाबाद/श्रीगंगानगर। मौजूदा डिजिटल दुनिया में स्मार्टफोन की ललक युवा मन को कितना प्रभावित कर सकती है, इसका एक जीता-जागता उदाहरण उस किशोरी की कहानी है, जो महज एक नए मोबाइल फोन की मांग पूरी न होने पर घर से भाग निकली। हरियाणा के फतेहाबाद जिले की किशोरी अपनी उम्र के एक नाबालिग दोस्त के साथ […] The post परिजनों ने मोबाइल फोन नहीं दिलाया, तो घर छोड़ भागी किशोरी appeared first on Sabguru News .
बूंदी 28 तक होगा 'सम्पूर्ण स्वच्छ':लोग मोबाइल ऐप से देख सकेंगे सफाई का सच
बूंदी जिले को स्वच्छता के मानचित्र पर अग्रणी बनाने के लिए प्रशासन ने 'मिशन मोड' में कार्य शुरू कर दिया है। आगामी 28 फरवरी तक पूरे जिले को 'सम्पूर्ण स्वच्छ जिला' घोषित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिसके तहत गांवों में प्रत्यक्ष दृश्यमान स्वच्छता सुनिश्चित की जाएगी। यह महत्वपूर्ण निर्णय जिला स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) की कार्यकारी परिषद की बैठक में लिया गया। इस बैठक में वर्ष 2026-27 की वार्षिक कार्ययोजना का भी अनुमोदन किया गया। जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) रवि वर्मा ने अधिकारियों को 'स्वच्छ गांव, विकसित गांव' की परिकल्पना को साकार करने के निर्देश दिए। कोई ढिलाई नहीं बरतने पर जोरसीईओ वर्मा ने निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार की ढिलाई न बरतने पर जोर दिया। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी प्रगतिरत कार्यों को 28 फरवरी तक अनिवार्य रूप से पूरा किया जाए। इसी तिथि तक शौचालय विहीन राजकीय विद्यालयों में सामुदायिक स्वच्छता कॉम्प्लेक्स या मिनी टॉयलेट का निर्माण भी सुनिश्चित किया जाना है। इसके अलावा 31 मार्च तक ठोस एवं तरल कचरा प्रबंधन, कचरा संग्रहण केंद्र और नए सामुदायिक स्वच्छता कॉम्प्लेक्स के निर्माण कार्य पूर्ण करने का लक्ष्य रखा गया है। 7 दिन में वीडीओ मास्टर डाटा करेंगे अपलोडपारदर्शिता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से सरकार जल्द ही 'स्वच्छ भारत मिशन-ग्रामीण मोबाइल ऐप' लॉन्च करेगी। इस ऐप के माध्यम से आम नागरिक भी सफाई की वास्तविक स्थिति का अवलोकन कर सकेंगे। ग्राम विकास अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे आगामी 7 दिनों के भीतर सभी ग्राम पंचायतों का मास्टर डाटा पोर्टल पर अपलोड करें। कचरा प्रबंधन पर हुई विशेष चर्चाबैठक में ग्राम सथूर में प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट (PWMU), ग्राम डाबी में एफएसटीपी/एफएसएम (FSTP/FSM) और ग्राम तालेड़ा में टाइगर बायो फिल्टर प्रोजेक्ट (TBFP) और तरल कचरा प्रबंधन पर विशेष चर्चा की गई। सीईओ ने शिक्षा विभाग के मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी और ब्लॉक शिक्षा अधिकारियों के साथ-साथ महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों से स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में पेयजल तथा क्रियाशील शौचालयों की स्थिति पर प्रतिक्रिया ली और रेट्रोफिटिंग कार्य कराने के निर्देश दिए।
इंदौर के अन्नपूर्णा क्षेत्र में मंगलवार को बोहरा समाज के एक व्यापारी की मोबाइल दुकान में घुसकर बदमाशों ने जमकर तोड़फोड़ कर दी। आरोप है कि इलाके में रंगदारी करने वाला यह बदमाश पहले भी व्यापारी को धमका चुका है और अब पुराने मामले में समझौता करने के लिए दबाव बना रहा था। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। अन्नपूर्णा थाना पुलिस ने बताया कि गांधी नगर निवासी जुहूर काठियावाड़ की शिकायत पर टिंकू पुत्र किशोर बाबा परोचे और उसके साथी पंकज पुत्र हरिसिंह ठाकुर के खिलाफ मामला दर्ज किया है। इन दोनों ने दुकान में घुसकर तोड़फोड़ की, कैमरे भी तोड़ दिए और समझौता नहीं करने पर धमकाया भी। दुकान में लगे कैमरे भी तोड़ दिए पीड़ित जुहूर काठियावाड़ ने बताया कि वे अन्नपूर्णा रोड पर “सैफी मोबाइल” नाम से दुकान चलाते हैं। मंगलवार दोपहर आरोपी दुकान पर आए और विवाद शुरू कर दिया। थोड़ी ही देर में आरोपियों ने तोड़फोड़ शुरू कर दी। उन्होंने न सिर्फ दुकान का सामान तोड़ा, बल्कि कैमरे भी तोड़ दिए। पहले भी दे चुका है धमकी पीड़ित के अनुसार आरोपी टिंकू ने सितंबर 2025 में भी रंगदारी को लेकर उन्हें तलवार दिखाकर धमकाया था। आरोपी इलाके में रंगदारी करता है और उसका आपराधिक रिकॉर्ड भी रहा है। पुलिस के मुताबिक टिंकू के पिता किशोर बाबा भी अन्नपूर्णा क्षेत्र में अपराधी रहे हैं। फिलहाल पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है और जल्द गिरफ्तारी की बात कही जा रही है।
लुधियाना शहर के कश्मीर नगर इलाके में लूटपाट की वारदात सामने आई है। यहां बदमाशों ने ₹10 के पॉपकॉर्न खरीदने के बहाने एक रेहड़ी वाले को रोका और फिर उसके साथ लूटपाट की वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने इस मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसका दूसरा साथी अभी फरार है। पीड़ित कुंवरपाल उर्फ नन्ने ने पुलिस को बताया कि वह 9 फरवरी की शाम अपनी रेहड़ी पर पॉपकॉर्न बेचकर घर लौट रहा था। जब वह कश्मीर नगर श्मशान घाट के पास पुल पर पहुंचा तो ई-रिक्शा पर सवार दो युवक उसके पास आए। उन्होंने मुझसे से 10 रुपए के पॉपकॉर्न दाने मांगे। जांच में आरोपी की हुई पहचान जैसे ही उन्हें दाने देने लगा एक युवक ने पीछे से दोनों बांहें पकड़ लीं। इसी दौरान दूसरे युवक ने उसके हाथ से मोबाइल और जेब में रखे उस दिन की सेल करीब ₹2500 छीन लिए और मौके से फरार हो गए। वारदात के बाद पीड़ित ने अपने स्तर पर आरोपियों की तलाश की जिसमें एक आरोपी की पहचान दीपक कुमार उर्फ दीपू निवासी मोहल्ला घाटी के रूप में हुई। पुलिस ने मामला दर्ज कर तफ्तीश शुरू की और आरोपी दीपक को गिरफ्तार कर लिया है।मामले की मुख्य बातें दूसरे आरोपी की तलाश जारी है।
अलवर के कोतवाली थाना क्षेत्र से एक 15 वर्षीय नाबालिग किशोरी के लापता होने का मामला सामने आया है। किशोरी के परिजनों ने एक युवक पर उसे बहला-फुसलाकर ले जाने का संदेह जताया है। मामले में कोतवाली थाना पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। 15 लाख के जेवर और परिजनों का मोबाइल गायब घटना 9 फरवरी 2026 रात की है। परिजन रात को खाना खाने के बाद अपने-अपने कमरों में सो गए थे। देर रात करीब 2 बजे परिजनों की नींद खुली तो किशोरी अपने कमरे में नहीं मिली। इसके साथ ही घर में रखे सोने-चांदी के आभूषण, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 15 लाख रुपए बताई जा रही है, वे भी गायब पाए गए। परिजनों ने पुलिस को बताया कि करीब एक से डेढ़ महीने पहले एक युवक, जो बाहर के क्षेत्र का रहने वाला है, जो कुछ समय से अलवर के पास किराये पर रह रहा था, वह किशोरी को अपने प्रभाव में लेकर रात में घर आया था। उस समय परिजन जाग गए और युवक दीवार कूदकर फरार हो गया था। परिजनों ने किशोरी के लापता होने में उसी युवक पर शक जताया है। परिजनों ने पुलिस को बताया कि किशोरी जाते समय एक परिजन का मोबाइल भी साथ ले गई है। पुलिस ने संबंधित मोबाइल नंबर को ट्रेसिंग पर लगा दिया है। परिजनों ने कहा कि उन्होंने किशोरी को अपने स्तर पर ढूंढने की कोशिश की, नहीं मिलने पर रिपोर्ट दर्ज करवाई गई।
बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में 17 वाहन चालकों और गाइडों को पर्यटन अधिकारी ने नोटिस जारी किया है। यह कार्रवाई खितौली जोन में सफारी के दौरान पर्यटकों की ओर से मोबाइल फोन के उपयोग और अन्य नियमों के उल्लंघन के बाद की गई है। सफारी के दौरान पर्यटकों को वाहन से नीचे उतरकर मोबाइल का उपयोग करते देखा गया। इसके अलावा, जंगल में वाहनों की गति भी तेज पाई गई, जो वन क्षेत्र के नियमों का उल्लंघन है। नियमों उल्लंघन को लेकर 17 वाहन चालकों को नोटिस सर्वोच्च न्यायालय के निर्देश के बाद टाइगर रिजर्व में मोबाइल के उपयोग पर प्रतिबंध लगाया गया था। इसके बावजूद, इन नियमों की अनदेखी की गई। नियमों के इस उल्लंघन को लेकर सभी 17 वाहन चालकों और गाइडों को नोटिस जारी कर उनसे जवाब मांगा गया है। इन वाहन चालकों और गाइडों को मिला नोटिस
बोर्ड परीक्षा शुरू होने के पहले शिक्षकों के मोबाइल हुए सील
मंगलवार से एमपी बोर्ड की परीक्षा शुरू हो गई। कक्षा-12वीं के अंग्रेजी विषय का पेपर 120 परीक्षा केंद्रों पर हुआ। कुल दर्ज 21232 विद्यार्थियों में से 21006 विद्यार्थी परीक्षा देने पहुंचे। 226 अनुपस्थित रहे। 23 दलों ने कुल 56 परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। हालांकि कहीं भी कोई नकल प्रकरण नहीं बना। बोर्ड परीक्षा के पहले पेपर से ही सख्ती देखने को मिली। विद्यार्थियों को केंद्र में अंदर जाने से पहले उनकी जांच की गई। मोबाइल सहित किसी भी तरह के इलेक्ट्रॉनिक्स डिवाइस न ले जाने की चेतावनी दी गई। परीक्षा केंद्र के अध्यक्ष से लेकर वीक्षक के रूप में ड्यूटी में लगाए गए शिक्षकों के मोबाइल परीक्षा शुरू होने के पहले पेटी मंे रखकर सील कर दिए गए। 11 परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी से निगरानी हुई, जिसमें डीईओ ऑफिस, जेडी ऑफिस, एनआईसी और जिला पंचायत कार्यालय से नजर रखी गई। भोपाल से भी सीधे निगरानी हुई। जिला शिक्षा अधिकारी अरविंद जैन ने बताया है कि विद्यार्थियों को परीक्षा के समय किसी भी समस्या के निदान के लिए कंट्रोल रूम बनाया गया है। मोबाइल नंबर- 8223868738, 9343177347 एवं 7024054428 पर किसी भी समय संपर्क कर सकते हैं। परीक्षा शुरू होने से पहले शिक्षकों के मोबाइल पेटी में रखवा लिए गए।
जेडीए: DTS में मोबाइल नंबर अनिवार्य, पेंडेंसी घटाने के निर्देश दिए
जयपुर | जेडीए में आमजन की शिकायतों के त्वरित, पारदर्शी और प्रभावी निस्तारण के लिए नई व्यवस्था लागू की गई है। अब डीटीएस (डिजिटल ट्रैकिंग सिस्टम) में किसी भी परिवाद को दर्ज करते समय आवेदक का मोबाइल नंबर देना अनिवार्य होगा, जिससे मामलों की बेहतर ट्रैकिंग हो सकेगी। सिस्टम में ‘मोबाइल सर्च’ का विकल्प भी उपलब्ध रहेगा। संबंधित प्रभारी मोबाइल नंबर अपडेट भी कर सकेंगे। मंगलवार को चिंतन सभागार में आयुक्त सिद्धार्थ महाजन ने पब्लिक ग्रीवेंस समीक्षा बैठक में यह निर्णय लिया। साथ ही डीटीएस में लंबित मामलों की पेंडेंसी तुरंत कम करने और निजी सहायकों को विशेष प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए।
राजस्थान में सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने और यातायात व्यवस्था को अधिक अनुशासित बनाने की दिशा में पुलिस प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है। राष्ट्रीय राजमार्ग-48 के शाहजहांपुर से अजमेर खंड पर अब अत्याधुनिक यातायात प्रवर्तन प्रणाली को पूरी तरह से सक्रिय कर दिया गया है। इस नई व्यवस्था के तहत हाईवे पर नियम तोड़ने वालों पर स्मार्ट कैमरों के जरिए कड़ी नजर रखी जाएगी। एडीजी यातायात बी.एल. मीणा ने बताया कि इस पूरे मार्ग को सुरक्षित बनाने के लिए उन्नत तकनीक का सहारा लिया गया है। एनएच-48 पर 27 महत्वपूर्ण स्थानों पर गैंट्री आधारित प्रवर्तन इकाइयां स्थापित की गई हैं। इन इकाइयों में हाई-रिजॉल्यूशन कैमरे और इंटेलिजेंट एनालिटिक्स सिस्टम लगाए गए हैं, जो बिना किसी मानवीय हस्तक्षेप के रियल टाइम में यातायात नियमों के उल्लंघन को पहचानने में सक्षम हैं। अब चालान काटने के लिए पुलिस को वाहन रोकने की जरूरत नहीं नई प्रणाली के तहत अब चालान काटने के लिए पुलिस को वाहन रोकने की जरूरत नहीं होगी। जैसे ही कोई वाहन चालक नियमों का उल्लंघन करेगा, कैमरा उसे रिकॉर्ड कर लेगा और सिस्टम स्वतः मोटर वाहन अधिनियम के तहत ई-चालान तैयार कर देगा। यह ई-चालान सीधे वाहन स्वामी के पंजीकृत मोबाइल नंबर पर इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से भेज दिया जाएगा। इससे पारदर्शिता बढ़ेगी और यातायात संचालन भी बाधित नहीं होगा। हाईटेक सिस्टम मुख्य रूप से सात प्रकार के गंभीर उल्लंघनों पर नजर रखेगा प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह हाईटेक सिस्टम मुख्य रूप से सात प्रकार के गंभीर उल्लंघनों पर नजर रखेगा। इनमें निर्धारित सीमा से अधिक गति, बिना हेलमेट वाहन चलाना, दोपहिया वाहन पर तीन सवारी, वाहन चलाते समय मोबाइल का उपयोग, सीट बेल्ट न लगाना, लेन का उल्लंघन करना और गलत दिशा में वाहन चलाना शामिल है। इन सभी मामलों में स्वतः चालान जारी किया जाएगा। एडीजी बी.एल. मीणा ने बताया कि इस पहल का उद्देश्य दंड देना नहीं, बल्कि सड़क सुरक्षा को मजबूत करना है। इसका मुख्य लक्ष्य हाईवे पर होने वाली दुर्घटनाओं में कमी लाना और नागरिकों में यातायात अनुशासन की भावना विकसित करना है। उन्होंने वाहन चालकों से नियमों का पालन करने की अपील करते हुए कहा कि इससे न केवल जुर्माने से बचा जा सकेगा, बल्कि स्वयं और दूसरों की जान भी सुरक्षित रहेगी।
जौनपुर में दो सिपाही चोर निकले। यहां एक मोबाइल शॉप पर दो सिपाही फोन खरीदने पहुंचे थे। बहाने से एक सिपाही ने अपना पुराना आईफोन निकालकर पर रखा और नया आईफोन चुपके से जेब में रख लिया। इसके बाद बोले- मोबाइल पसंद नहीं आया। हम जा रहे हैं। फिर शॉप से निकल गए। कुछ देर बार जब दुकानदार को पता चला तो उसने CCTV चेक किए, जिसमें सिपाही मोबाइल चुराता दिखा। दुकानदार ने थाने में दोनों सिपाहियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। एसपी ने दोनों सिपाहियों को सस्पेंड कर दिया गया है। मामला लाइन बाजार थाना क्षेत्र का है। अब जानिए पूरा मामला… दरअसल, जेसीज चौराहे पर मोबाइल शोरूम है। शनिवार, 7 फरवरी की दोपहर करीब 2 बजे दो सिपाही पहुंचे। उन्होंने एक महिला स्टाफ से आईफोन दिखाने को कहा। दोनों सिपाही लगभग 20 मिनट तक मोबाइल देखते रहे। इसके बाद वहां से चले गए। दुकानदार शिवम ने बताया- पुलिसकर्मियों ने अपना पुराना आईफोन-13 प्रो रखकर दुकान से आईफोन-15 मैक्स चुरा लिया। चुराए गए मोबाइल की कीमत 1 लाख 62 हजार रुपए है। चोरी का पता चलने पर अपने दुकान में लगे सीसीटीवी फुटेज को देखा। दुकानदार ने अपने वॉट्सऐप ग्रुप में 200 लोगों को वीडियो भेजा। जिसके बाद पहचान हुई कि ये सिपाही हैं। इसके बाद पुलिस को सूचना दी। शिकायत पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। वीडियो लेकर वह एसपी सिटी से मिला। जिसके बाद कार्रवाई हुई। रविवार को पीड़ित दुकानदार को उसका मोबाइल बरामद करा दिया गया। दुकानदार शिवम ने बताया, इनमें एक सिपाही करीब एक साल पहले तक उसकी दुकान के ऊपर चल रही डिजिटल लाइब्रेरी में आता-जाता था और वहीं पढ़ाई भी करता था। एसपी सिटी आयुष श्रीवास्तव ने बताया- मामले को गंभीरता से लेते हुए दोनों सिपाहियों धनंजय बिन्द और मिथिलेश यादव को सस्पेंड कर दिया गया है। विभागीय जांच के आदेश दिए गए हैं। ----------------- ये खबर भी पढ़ें… मथुरा में परिवार के 5 लोगों की लाश मिली:पति-पत्नी, 3 बच्चे; रसोई की दीवार समेत 3 जगह सुसाइड नोट मिले मथुरा में एक परिवार के पांच लोगों की लाश कमरे में मिली है। मृतकों में पति, पत्नी और तीन बच्चे शामिल हैं। बेड पर मां, एक बेटी और एक बेटा मिले, जबकि दूसरी बेटी चारपाई पर थी। वहीं पति फर्श पर पड़ा मिला। फिलहाल, पुलिस की दो थ्योरी अब सामने आई है। पहली- पति, पत्नी और बच्चों ने दूध में जहर मिलाकर पीया। दूसरी- पति ने पहले पत्नी की हत्या की, फिर बच्चों की जान ली और बाद में करंट लगाकर खुद आत्महत्या कर ली।पढ़ें पूरी खबर…
खगड़िया में दो महिला तस्कर गिरफ्तार:20 ग्राम स्मैक बरामद, 24 हजार कैश और मोबाइल भी मिले, FIR दर्ज
बिहार पुलिस के निर्देश पर मादक पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत खगड़िया थाना पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने छापामारी कर 20.02 ग्राम स्मैक (हीरोइन) के साथ दो महिला तस्करों को गिरफ्तार किया है। खगड़िया पुलिस अधीक्षक राकेश कुमार के दिशा-निर्देश में जिले में नशे के अवैध कारोबार पर प्रभावी रोक लगाने के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में 09 फरवरी 2026 को खगड़िया थाना पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि थाना क्षेत्र के बलुआही गांव में स्मैक/हीरोइन का अवैध क्रय-विक्रय हो रहा है। दो महिला तस्करों को रंगे हाथों गिरफ्तार कियासूचना की सत्यता की पुष्टि के बाद पुलिस टीम ने बलुआही गांव में एक घर पर विधिवत छापामारी की और दो महिला तस्करों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया। छापामारी के दौरान पुलिस ने उनके कब्जे से कुल 20.02 ग्राम स्मैक (अनुमानित कीमत लगभग 35 हजार रुपये), 24,100 रुपये नकद और दो मोबाइल फोन बरामद किए। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान बलुआही निवासी नूतन देवी (लगभग 35 वर्ष), पति श्रीकांत यादव, और रानी देवी (लगभग 60 वर्ष), पति स्व. ब्रहमदेव यादव के रूप में की गई है। आपराधिक इतिहास की भी जांच की जा रही इस संबंध में खगड़िया थाना कांड संख्या 47/28, दिनांक 09.02.2026 दर्ज किया गया है। आरोपियों के विरुद्ध धारा 111/3(5) बीएनएस और धारा 8(सी)/21(बी)/29/35 एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। गिरफ्तार तस्करों के आपराधिक इतिहास की भी जांच की जा रही है। इस छापामारी अभियान में सह थानाध्यक्ष राकेश कुमार गुप्ता, पु.अ.नि. राहुल कुमार, परि.पु.अ.नि. सफत खातून, DIU टीम खगड़िया, SOG-03 पटना और सशस्त्र बल के जवान शामिल थे।
खगड़िया पुलिस ने पसराहा थाना क्षेत्र में प्रखंड कर्मचारी से हुई लूट की घटना का खुलासा कर लिया है। पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। लूटा गया सैमसंग कंपनी का मोबाइल फोन भी बरामद कर लिया गया है। पुलिस अधीक्षक राकेश कुमार ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि यह घटना 25 अक्टूबर 2025 की रात करीब 9 बजे हुई थी। वादी विजय कुमार गुप्ता (निवासी चौहदी, नारायणपुर, भागलपुर) समस्तीपुर से नारायणपुर जा रहे थे, तभी पसराहा थाना क्षेत्र के डोयटा गांव के पास मोटरसाइकिल सवार तीन अपराधियों ने उन्हें रोका। मोबाइल फोन और मोटरसाइकिल के कागजात लूट लिएअपराधियों ने चाकू और पिस्टल के बल पर उनसे 11,075 रुपये नकद, एक सैमसंग कंपनी का मोबाइल फोन और मोटरसाइकिल के कागजात लूट लिए थे। इस संबंध में पसराहा थाना में कांड संख्या 232/25, दिनांक 29.10.2025, धारा 309(4) बीएनएस 2023 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (गोगरी) साक्षी कुमारी के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया था। लूटकांड में शामिल तीनों अभियुक्त गिरफ्तारतकनीकी और मानवीय आसूचना के आधार पर पसराहा थाना पुलिस ने छापेमारी कर लूटकांड में शामिल तीनों अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान संजय कुमार (लगभग 32 वर्ष, निवासी लक्ष्मीपुर, गोगरी), मनोज कुमार (लगभग 22 वर्ष, निवासी बरहारा, गोगरी) और गुंजेश कुमार (लगभग 20 वर्ष, निवासी बरहारा, गोगरी) के रूप में हुई है। पुलिस ने लूटा गया सैमसंग कंपनी का मोबाइल फोन बरामद किया है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार अभियुक्त गुंजेश कुमार के विरुद्ध महेशखूंट और गोगरी थाना में पहले से कई लूट के मामले दर्ज हैं। मनोज कुमार भी महेशखूंट थाना कांड संख्या 195/24 में नामजद रहा है। छापेमारी दल में पसराहा थाना के पु०अ०नि० सह थानाध्यक्ष नवीन कुमार, पु०अ०नि० रिंशु कुमार और सशस्त्र बल के जवान शामिल थे। पुलिस कप्तान राकेश कुमार ने कहा कि खगड़िया पुलिस अपराध नियंत्रण को लेकर पूरी तरह सतर्क है और आम जनता की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि किसी भी आपराधिक घटना की सूचना तत्काल पुलिस को दें। खगड़िया पुलिस जन-जन की सेवा में सदैव तत्पर है।
करनाल जिले में सीआईए-1 टीम ने चाकू की नोक पर छीना-झपटी करने वाले 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात के दौरान छीने गए दो मोबाइल फोन और घटना में इस्तेमाल किया गया चाकू भी बरामद कर लिया है। तीनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जिला जेल भेज दिया गया। सीआईए-1 टीम ने की कार्रवाई सीआईए-1 द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान करनाल निवासी विकास, कुरुक्षेत्र के पिहोवा निवासी भैरव और करनाल के सेक्टर-12 निवासी सूरज के रूप में हुई है। तलाशी के दौरान इनके पास से दो मोबाइल फोन बरामद किए गए, जो छीने गए थे, जबकि एक चाकू भी पुलिस ने कब्जे में लिया। 26 जनवरी की रात अटल पार्क के पास हुई थी वारदात जांच अधिकारी सब इंस्पेक्टर जयपाल के अनुसार शिकायतकर्ता ने पुलिस को बताया था कि 26 जनवरी की रात अटल पार्क के समीप तीन अज्ञात युवकों ने उसे चाकू दिखाकर डराया और हमला किया। इसके बाद आरोपी उसके दो मोबाइल फोन छीनकर मौके से फरार हो गए थे। घटना के बाद पीड़ित ने मामले की शिकायत पुलिस को दी। थाना सेक्टर-32/33 में मामला दर्ज इस घटना के संबंध में थाना सेक्टर-32/33 करनाल में मामला दर्ज किया गया था। मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की। सीआईए-1 इंचार्ज संदीप कुमार ने बताया कि पुलिस टीम को सूचना मिली थी कि चाकू दिखाकर राहगीरों से लूटपाट करने वाले आरोपी इलाके में एक्टिव हैं। सूचना के आधार पर पुलिस ने जाल बिछाया और तीनों को काबू कर लिया। कोर्ट में पेशी के बाद जेल भेजे गए आरोपी गिरफ्तारी के बाद तीनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट के आदेश पर तीनों को न्यायिक हिरासत में जिला जेल भेज दिया गया है।
कैमूर में पासपोर्ट सुविधा को आम लोगों तक पहुंचाने के उद्देश्य से शुक्रवार को समाहरणालय भभुआ परिसर में तीन दिवसीय पासपोर्ट सेवा मोबाइल कैंप का शुभारंभ किया गया। इसका उद्घाटन DM नितिन कुमार सिंह ने किया। कैंप 10, 11 और 12 फरवरी तक चलेगा। पहले दो दिनों के स्लॉट फुल कैंप शुरू होते ही लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। जिला प्रशासन के अनुसार 10 और 11 फरवरी के सभी अपॉइंटमेंट पहले से ही फुल हैं, जबकि 12 फरवरी के लिए स्लॉट खाली हैं। लोगों की बढ़ती मांग को देखते हुए प्रशासन ने खास अपील की है कि जो लोग पासपोर्ट बनवाना चाहते हैं, वे जल्द से जल्द 12 फरवरी के लिए अपॉइंटमेंट बुक कर लें। जिलाधिकारी नितिन कुमार सिंह ने कहा, पासपोर्ट बनवाने के लिए लोगों को अब पटना या गया नहीं जाना पड़ेगा। यह विभाग की सार्थक पहल है। कोशिश होगी कि ऐसे मोबाइल कैंप लगातार लगते रहें। लोगों को मिल रही बड़ी सुविधा पासपोर्ट बनवाने आए लोगों ने भी इस पहल की सराहना की। पासपोर्ट आवेदन कराने आई डॉ. सीमा ने बताया, पहले पासपोर्ट के लिए पटना और गया जाना पड़ता था। अब यही सुविधा जिले में मिल रही है, यह बहुत बड़ी राहत है। यहां सभी ने सहयोग किया, प्रक्रिया भी तेज रही। वहीं, बबूरा गांव के एक युवक ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा, मैं पहली बार पासपोर्ट बनवा रहा हूं। यहां की व्यवस्था बहुत अच्छी है। हर काउंटर पर मदद मिल रही है और कोई परेशानी नहीं हुई। तीन दिनों में 165 पासपोर्ट बनाने का लक्ष्य पटना पासपोर्ट कार्यालय से आए अधिकारी मोहम्मद रियाज नाजमी ने बताया कि कुल 165 पासपोर्ट तीन दिनों में तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने कहा, लोग लगातार अपॉइंटमेंट बुक कर रहे हैं। हमारी अपील है कि अधिक से अधिक लोग इस कैंप का लाभ उठाएं। जागरूकता बढ़ने का संकेत जिलाधिकारी ने कहा कि पहले दो दिनों की स्लॉट बुकिंग शुरू होने से पहले ही पूरी हो जाना बताता है कि लोग पासपोर्ट की जरूरत और महत्व को लेकर काफी जागरूक हुए हैं। उन्होंने कहा कि विभाग से बात कर आगे भी ऐसे कैंप लगाने का प्रयास किया जाएगा, ताकि जिले के लोगों को बिना सफर किए पासपोर्ट सुविधा मिल सके। स्थानीय लोगों में उत्साह कैंप में आए आवेदकों के बीच खास उत्साह देखा गया। कम समय में आवेदन, कागजात सत्यापन और बायोमेट्रिक प्रक्रिया पूरा होने से लोग संतुष्ट नजर आए। प्रशासन और पासपोर्ट विभाग की संयुक्त पहल से दूर-दराज के ग्रामीण इलाकों के लोगों को भी पासपोर्ट सेवाओं तक आसान पहुंच मिली है। तीन दिवसीय यह कैंप जिले में पासपोर्ट सेवाओं को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
खंडवा में एक महिला को AI से बनाई गई अश्लील तस्वीरों के जरिए बदनाम करने और 50 हजार रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। हैरानी की बात यह है कि इस पूरे मामले की आरोपी महिला के परिवार की ही बहू निकली। पुलिस ने सोमवार को उसे गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। आरोपी महिला ने अपने पति और उसकी चाची की सोशल मीडिया से तस्वीरें उठाईं और उन्हें AI तकनीक से अश्लील रूप में बदल दिया। इसके बाद इन तस्वीरों को वायरल करने की धमकी देकर विधवा महिला से 50 हजार रुपये ऐंठ लिए। आरोपी पत्नी पति को छोड़ ब्वॉयफ्रेंड के साथ रह रही पुलिस जांच में सामने आया कि, आरोपी महिला राखी कपाड़िया भोपाल में अपने ब्वॉयफ्रेंड शाहरूख के साथ रहती है। उसने पति सुदामा को छोड़ दिया हैं। राखी को शक था कि उसके पति का उसकी विधवा चाची के साथ अफेयर हैं। चाची को बदनाम करने के लिए उसने सोशल मीडिया से पति और चाची के फोटो निकाले। इसके बाद उन तस्वीरों को एआई के जरिए अश्लील रूप दिया। फिर सारे रिश्तेदारों को फोटो शेयर कर दिए। रिश्तेदारी में बदनामी हुई तो विधवा चाची ने पुलिस से शिकायत की। फर्जी अकाउंट से वायरल किए, फिर पैसे ऐंठे खास बात यह है कि, एआई आधारित अश्लील फोटो वायरल होने के बाद विधवा चाची ने पुलिस से शिकायत की, तब तक यह सामने नहीं आया कि इस कृत्य के पीछे कौन है। जिस सोशल मीडिया अकाउंट से विधवा चाची को ब्लैकमेल करके 50 हजार रूपए लिए गए, वह फर्जी था। पुलिस और सायबर सेल की टीम ने आईपी एड्रेस सर्च कर जांच की तो पता चला कि यह अकाउंट किसी शाहरूख नाम के मोबाइल से भोपाल में बैठी एक महिला ऑपरेट कर रही है। मोबाइल ब्वॉयफ्रेंड का, सिम खुद महिला की थी केस की इन्वेस्टिगेशन में लगी थाना जावर पुलिस की जांच में सामने आया कि, आरोपी राखी कपाड़िया के पास उसके ब्वॉयफ्रेंड शाहरूख का मोबाइल मिला। लेकिन सिम खुद राखी की थी। इस मोबाइल में पुलिस को 10 इंस्टाग्राम अकाउंट मिले। जो कि अलग-अलग फर्जी नाम से थे। इनमें एक वह अकाउंट भी था, जिसके माध्यम से विधवा चाची को ब्लैकमेल किया गया था। पूछताछ में ब्वॉयफ्रेंड ने बताया कि राखी ने एक हफ्ते के लिए उसका मोबाइल लिया था। सिम उसी की थी और सारे अकाउंट भी राखी ने ही क्रिएट किए थे। आरोपी महिला गिरफ्तार बता दें कि, विधवा महिला ने पिछले हफ्ते मंगलवार को होने वाली जनसुनवाई में कलेक्टर से शिकायत की थी। कलेक्टर ऋषव गुप्ता ने इस प्रकरण को एसपी के पास भेज दिया। मामले में जावर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच की। केस की जांच कर रहे एएसआई रणजीतसिंह राजपूत ने बताया कि, सायबर एक्सपर्ट की मदद से मामले का खुलासा किया। एक टीम भोपाल पहुंची और वहां से आरोपी राखी को गिरफ्तार किया। सोमवार देर शाम उसे कोर्ट में पेश किया। कोर्ट से उसे जेल भेज दिया गया।
गुरुग्राम जिले के मानेसर में एक दुकानदार के क्रेडिट कार्ड अकाउंट से छेड़खानी करके 80 हजार रुपए ट्रांसफर करने का मामला सामने आया है। गांव बाघनकी के रहने वाले प्रेम सिंह (41 वर्ष) ने बताया कि एनएसजी कैंप के पास कासन रोड पर उसकी 'हैलो पॉइंट' नाम से मोबाइल दुकान है। 27 दिसंबर 2025 को उसके मोबाइल नंबर पर एक अनजान नंबर से कॉल आई थी। कॉलर ने खुद को बजाज फाइनेंस का प्रतिनिधि बताया और कहा कि उनके क्रेडिट कार्ड से जुड़े फोन पर एक लिंक भेजा जा रहा है। इस लिंक में डिटेल्स भरने पर नया बजाज फाइनेंस क्रेडिट कार्ड बन जाएगा। व्हाट्सएप पर भेजा लिंक इसके बाद दूसरे नंबर से व्हाट्सएप पर एक लिंक भेजा गया, जिसे उसने ने गलती से क्लिक कर लिया और अपने दोनों क्रेडिट कार्ड की जानकारी दर्ज कर दी। कुछ ही देर बाद उनके क्रेडिट कार्ड से अनधिकृत ट्रांजैक्शन शुरू हो गए। उसके RBL बैंक क्रेडिट कार्ड से 30 हजार रुपए और बैंक ऑफ बड़ौदा क्रेडिट कार्ड से 40 हजार और दूसरे में 10 हजार रुपए की धोखाधड़ी से निकासी हो गई। कुल मिलाकर 80,000 रुपये की राशि फ्रॉड से ट्रांसफर कर ली गई। डिटेल्स भरने के बाद पैसे कटने लगे प्रेम सिंह ने पुलिस को बताया कि व्हाट्सएप लिंक से डिटेल्स भरने के बाद पैसे कटने लगे तो डर के मारे उन्होंने लिंक और संबंधित चैट डिलीट कर दी। उन्होंने कहा कि ये ट्रांजेक्शन उन्होंने खुद नहीं किए। न तो किसी को ओटीपी दिया, न नेट बैंकिंग, UPI या क्रेडिट कार्ड का कोई इस्तेमाल किया। यह पूरी तरह अनजान व्यक्तियों द्वारा की गई साइबर धोखाधड़ी है। शिकायतकर्ता ने बताया कि निजी कारणों से वे पहले शिकायत देने नहीं आ सके। उन्होंने पुलिस से अनुरोध किया है कि आरोपियों के खिलाफ उचित कार्रवाई करके उसकी मेहनत की कमाई वापस दिलाने में मदद करें। मामले की जांच में जुटी पुलिस मानेसर साइबर थाना पुलिस ने मामले में प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है। एसएचओ ने बताया कि यह फिशिंग लिंक के जरिए क्रेडिट कार्ड डिटेल्स चुराने का मामला है, जो हाल के महीनों में बजाज फाइनेंस के नाम पर आम हो गया है। बजाज फिनसर्व ने चेतावनी जारी कर रखी है कि कंपनी कभी व्हाट्सएप या SMS पर संदिग्ध लिंक नहीं भेजती, न ही अपफ्रंट फीस मांगती है। साइबर ठगी होने पर हेल्पलाइन नंबर पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें, क्रेडिट कार्ड डिटेल्स कभी शेयर न करें और संदिग्ध कॉल पर तुरंत 1930 (साइबर क्राइम हेल्पलाइन) या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें।
भरतपुर की खेड़ली मोड़ थाना पुलिस ने एक नाबालिग लड़की और बालिग लड़के को गुड़गांव से पकड़ा है। लड़की 14 जनवरी को एक 20 साल का लड़का नाबालिग को बहला फुसलाकर अपने साथ ले गया था। तभी से पुलिस दोनों की तलाश कर रही थी। मां घर लौटी तो, बेटी नहीं मिली नाबालिग की मां ने पुलिस ने शिकायत देते हुए बताया था कि 14 जनवरी को मैं जंगल में पशुओं का चारा लेने के लिए गई हुई थी। चारा लेकर जब मैं घर लौटी तो, मेरी 17 साल की बेटी घर पर नहीं मिली। जब गांव में लोगों से पूछताछ की तो, पता लगा कि एक युवक मेरी बेटी को बहला फुसला कर अपने साथ ले गया है। गुड़गांव से नाबालिग को पकड़ा ASI जितेंद्र सिंह ने बताया कि मामला दर्ज होने के बाद से ही लड़की और लड़के की तलाश की जा रही थी। कई जगह दोनों को पकड़ने के लिए दबिश दी गई लेकिन, दोनों का कुछ पता नहीं लगा। कल मोबाइल लोकेशन के आधार पर पता लगा कि दोनों गुड़गांव में छुपे हुए हैं। जिसके बाद पुलिस की टीम मौके पर गई और दोनों को पकड़ा लिया।
अशोकनगर जिले में 12वीं बोर्ड की वार्षिक परीक्षाएं मंगलवार से शुरू हो गईं। पहले दिन कक्षा 12वीं के छात्रों द्वारा अंग्रेजी का पेपर हल किया जा रहा है। जिलेभर में कुल 7660 छात्र-छात्राएं यह परीक्षा दे रहे हैं। इनमें 6837 नियमित और 823 स्वाध्यायी विद्यार्थी शामिल हैं। सुबह से परीक्षा केंद्रों पर विद्यार्थियों की एंट्री शुरू हुई, जिसके बाद 8:45 बजे तक केंद्रों पर काफी भीड़भाड़ देखी गई। कई केंद्रों पर जैमर से मोबाइल नेटवर्क बंद कियासभी परीक्षा केंद्रों पर विद्यार्थियों की कड़ी चेकिंग के बाद ही उन्हें परीक्षा हॉल में प्रवेश दिया गया। जिले में बोर्ड परीक्षाओं के लिए कुल 34 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां विशेष इंतजाम किए गए हैं। कुछ विद्यालयों में मोबाइल फोन नेटवर्क के प्रयोग को रोकने के लिए जैमर का भी उपयोग किया गया। जिससे सेंटर के आसपास मोबाइल नेटवर्क काम नहीं करेगा। जिले में 5 अति संवेदनशील केंद्र पर अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनातपरीक्षाओं के लिए जिले में 5 अति संवेदनशील और 4 संवेदनशील परीक्षा केंद्र चिह्नित किए गए हैं। नई सराय, मल्हारगढ़, राजपुर और कचनार में संवेदनशील केंद्र हैं। वहीं, कन्या हायर सेकेंडरी स्कूल अशोकनगर, शासकीय बालक हायर सेकेंडरी स्कूल ईसागढ़, मॉडल हायर सेकेंडरी स्कूल मुंगावली, शासकीय कन्या हायर सेकेंडरी स्कूल चंदेरी और मॉडल हायर सेकेंडरी स्कूल अशोकनगर को अति संवेदनशील केंद्र माना गया है। इन केंद्रों पर अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था तैनात की गई है। 9 उड़नदस्ता टीमें करेंगी केंद्रों का औचक निरीक्षणनकल रोकने और आकस्मिक निगरानी के लिए जिले में 9 उड़नदस्ता टीमें गठित की गई हैं। ये टीमें लगातार परीक्षा केंद्रों का दौरा कर अचानक जांच करेंगी। अशोकनगर में 3, मुंगावली में 2, चंदेरी में 2 और ईसागढ़ में 2 उड़नदस्ता टीमें बनाई गई हैं। परीक्षा केंद्र में किसी भी तरह के गैजेट्स ले जाने की अनुमति नहीं है।
माध्यमिक शिक्षा मंडल की कक्षा 12वीं की परीक्षा 10 फरवरी (मंगलवार) से शुरू हुई। रतलाम में परीक्षा को लेकर 58 केंद्र बनाए गए है। जिसमें 11478 परीक्षार्थी शामिल होंगे। परीक्षा की निगरानी के लिए उड़नदस्ता दल भी बनाए गए है जो कि परीक्षा केंद्रों का आकस्मिक निरीक्षण करेंगे। परीक्षा केंद्रों पर पहली बार जेमर लगाए गए है। सरस्वती शिशु मंदिर स्कूल के विद्यार्थियों को स्कूल प्राचार्य वत्सला रुनवाल समेत स्टाफ ने परीक्षा केंद्र अग्रवाल विद्या मंदिर स्कूल पहुंचकर चंदन का टीका लगाकर शुभकामनाएं देकर परीक्षा के लिए भेजा। परीक्षा में नकल रोकने के लिए फ्लाइंग स्क्वॉड, सीसीटीवी निगरानी और थानों से प्रश्न-पत्र निकालने तक वीडियोग्राफी की व्यवस्था की गई है। परीक्षा सुबह 9 बे से शुरू हो चुकी है जो कि दोपहर 12 बजे तक होगी। पहला प्रश्नपत्र अंग्रेजी का होगा। परीक्षा 7 मार्च तक चलेगी। 7 केंद्र संवेदनशील 58 केंद्रों में से 7 ऐसे केंद्र है जिन्हें संवेदनशील केंद्र घोषित किया है। क्योकि इन केंद्रों पर प्राइवेट विद्यार्थी परीक्षा देंगे। प्राइवेट परीक्षार्थियों की संख्या 2,138 हैं। सुबह 8.30 बजे पहुंचना होगा बोर्ड परीक्षाओं को लेकर जिले में सख्त व्यवस्थाएं लागू की हैं। परीक्षार्थी तय समय से केंद्रों पर पहुंचे। कुछ के हाथों में कॉपियां भी थी। जो कि अंतिम समय तक पढ़ रहे थे। परीक्षा केंद्रों के आसपास अनावश्यक भीड़ रोकने के लिए निर्धारित दूरी के बाद प्रवेश निषेध रहेगा। सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। अधिकारी लगातार घूमकर मॉनीटरिंग करेंगे। थाने से लेकर आएंगे प्रश्नपत्र बोर्ड परीक्षा के प्रश्नपत्र पूर्व में आ चुके थे। परीक्षा केंद्रों के संबंधित पुलिस थानों से कलेक्टर प्रतिनिधि के रूप में मौजूद अधिकारियों की उपस्थिति में केंद्राध्यक्ष परीक्षा केंद्रों लेकर पहुंचे। 6 उड़नदस्ता दल भी बनाए गए है। कक्षा 10वीं की परीक्षा 17 फरवरी से माध्यमिक शिक्षा मंडल बोर्ड की कक्षा 10वीं की परीक्षा 17 फरवरी से शुरू होगी। परीक्षा 58 केंद्रों पर होगी। पहला पेपर अंग्रेजी का होगा। यह परीक्षाएं 6 मार्च तक चलेगी।
मध्य प्रदेश के माध्यमिक शिक्षा मंडल बोर्ड की परीक्षाएं मंगलवार से शुरू हो रही हैं। आज कक्षा 12वीं के अंग्रेजी विषय का पेपर है। नर्मदापुरम जिले में 78 केंद्रों पर परीक्षा होगी। बोर्ड परीक्षाओं में नकल रोकने को रोकने जिले के 30 परीक्षा केंद्रों पर नेटवर्क जैमर लगाए गए हैं। इनमें निजी स्कूलों में बने 19 परीक्षा केंद्र सहित संवेदनशील व अतिसंवेदनशील श्रेणी के 11 परीक्षा केंद्रों को शामिल किया गया है। जैमर की मदद से रोकी जाएगी नकलइन जैमरों की मदद से परीक्षा केंद्र में किसी तरह का मोबाइल नेटवर्क ब्लाक रहेगा। विशेष तरह के इन जैमरों की मदद से परीक्षा कक्ष में यह व्यवस्था लागू होगी। परीक्षा केंद्र पर सिर्फ कलेक्टर प्रतिनिधि को ही मोबाइल चलाने की अनुमति होगी। जिससे सभी व्यवस्थाएं संचालित करने के साथ ही ऑनलाइन रिपोर्टिंग की जाएगी। परीक्षार्थियों को सुबह 8.30 बजे के बाद प्रवेश नहीं दिया जाएगा। हालांकि परीक्षा सुबह नौ बजे से शुरू होगी। परीक्षार्थियों को उत्तर पुस्तिका के पहले पेज पर ओएमआर शीट में जानकारी भरते समय विशेष ध्यान देने की जरूरत हैं। 78 केंद्रों पर 11,874 बच्चों से ज्यादा देंगे परीक्षा इस बार होने वाली बोर्ड परीक्षा में जिले से 26 हजार 500 ज्यादा छात्र-छात्राएं शामिल होंगे। इनमें 12वीं में 11 हजार 874 परीक्षार्थी व 10वीं में 14 हजार 626 परीक्षा शमिल रहेंगे। बोर्ड परीक्षाओं के लिए जिले में कुल 78 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इनमें 3 संवेदनशील और 8 अति संवेदनशील श्रेणी के परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। 10 फरवरी से सात मार्च तक आयोजित होने वाली बोर्ड परीक्षाओं की निगरानी करेंगे। पारदर्शी पेन ले जाने की अनुमति परीक्षार्थियों को केवल पारदर्शी पेन ले जाने की अनुमति होगी। साथ ही पानी की पारदर्शी बाटल के साथ किसी अन्य सामग्री को ले जाने पर रोक है। परीक्षा केंद्र में स्मार्ट वाच, मोबाइल, केल्कुलेटर सहित किसी भी अन्य किसी भी इलेक्ट्रानिक सामग्री को ले जाने पर रोक है। कलावा, ब्रेसलेट, जूते-मोजे की भी मनाही है। परीक्षा केंद्रों के बाहर नकल दानपात्र रखे जाएंगे
रतलाम के सरवन थाना पुलिस ने गुम व खोए हुए 6 एंड्राइड मोबाइल तलाश कर मोबाइल धारकों को लौटाए। मोबाइल की कीमत 1 लाख 13 हजार 998 रुपए है। मोबाइल रतलाम व राजस्थान के बांसवाड़ा से बरामद किए है। लोगों को उम्मीद नहीं थी कि उनके मोबाइल मिल पाएंगे। लेकिन सरवन थाना पुलिस ने भारत सरकार द्वारा लांच सीईआईआर (Central Equipment Identity Register) पोर्टल व सायबर सेल रतलाम की मदद से गुम व खोये मोबाईल तलाश कर बरामद किए। सरवन थाना प्रभारी अर्जुन सेमलिया ने मोबाइल धारकों को थाने पर बुलाकर मोबाइल लौटाएं। थाना प्रभारी सेमलिया ने बताया कि टीम द्वारा CEIR पोर्टल पर प्राप्त जानकारी के आधार पर सायबर सेल रतलाम की मदद से गुम हुए अलग-अलग कंपनियों के कुल 6 एंड्राइड मोबाईल रतलाम, बांसवाडा (राजस्थान) से बरामद कर संबंधित मोबाईल धारको को लौटाए है। इनकी रही भूमिका मोबाइल तलाश करने में थाना प्रभारी के अलावा हेड कॉन्स्टेबल विजय सिंह शेखावत, कॉन्स्टेबल हिम्मत सिंह राठौर, गजपाल सिंह राठौर, विमल निनामा, सादिक मंसुरी की भूमिका रही।
माध्यमिक शिक्षा मंडल की हायर सेकेंडरी बोर्ड परीक्षा मंगलवार से शुरू हो रही है। पहला पेपर 12वीं का होगा। पहली बार सभी परीक्षा केंद्रों के प्रत्येक कक्ष में मोबाइल जैमर लगाए गए हैं, जिससे परीक्षा केंद्र में न तो मोबाइल पर बातचीत हो सकेगी और न ही इंटरनेट का उपयोग किया जा सकेगा। उज्जैन जिले में कुल 40,234 परीक्षार्थियों की बोर्ड परीक्षा की शुरुआत हो रही है। परीक्षा का समय सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक रहेगा। माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा परीक्षा के सुचारु संचालन के लिए 10 निरीक्षण दल गठित किए गए हैं। जिले के 10 अतिसंवेदनशील परीक्षा केंद्रों पर पृथक से प्रेक्षक भी नियुक्त किए गए हैं। वहीं, कुल 77 परीक्षा केंद्रों पर पुलिस विभाग द्वारा पुलिस गार्ड तैनात किए गए हैं। 10वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षा का पहला पेपर 17 फरवरी से शुरू होगा। सीसीटीवी से करेंगे मॉनिटरिंग कलेक्टर रौशन कुमार सिंह ने बताया कि संपूर्ण परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए सभी स्तरों पर सीसीटीवी से मॉनिटरिंग की जाएगी। प्रश्नपत्र से संबंधित संपूर्ण प्रक्रिया की वीडियो रिकॉर्डिंग भी की जाएगी। साथ ही जिले के परीक्षा केंद्रों पर फ्लाइंग स्क्वॉड द्वारा सतत जांच की जाएगी। सभी परीक्षा केंद्रों पर केंद्राध्यक्ष, सहायक केंद्राध्यक्ष और कलेक्टर प्रतिनिधि नियुक्त किए गए हैं। वहीं, पर्यवेक्षण कार्य करने वाले कर्मचारियों की नियुक्ति बीईओ के माध्यम से की गई है।
स्वच्छता साथी वॉश ऑन व्हील प्रशिक्षण , मोबाइल एप से होगी सफाई की निगरानी
जिला पंचायत सभागार में स्वच्छता साथी ‘वॉश ऑन व्हील’ नवाचार कार्यक्रम का प्रशिक्षण मंगलवार को आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत डॉ. इच्छित गढ़पाले ने की। प्रशिक्षण में स्वच्छता साथियों को वॉश ऑन व्हील सेवा की कार्यप्रणाली, उद्देश्य एवं उपयोगिता की विस्तृत जानकारी दी गई। इस दौरान नवपंजीकृत स्वच्छता साथियों का पुष्पमाला पहनाकर सम्मान किया गया तथा उन्हें स्वच्छता किट का वितरण भी किया गया। सीईओ डॉ. गढ़पाले ने शिक्षा विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग तथा स्वास्थ्य विभाग के संस्थागत शौचालयों में वॉश ऑन व्हील सेवा के माध्यम से नियमित सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। प्रशिक्षण सत्र में जिला समन्वयक स्वच्छ भारत मिशन महेश सौराष्ट्रीय ने स्वच्छता साथियों को मोबाइल एप का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया। उन्होंने बताया कि शौचालय सफाई से संबंधित मांग मोबाइल एप के माध्यम से आवंटित की जाएगी तथा की गई सफाई की प्रविष्टि भी एप पर दर्ज करना अनिवार्य होगा। प्रशिक्षण में स्वच्छता किट के उपयोग और प्रभावी सफाई प्रक्रिया की जानकारी भी दी गई।
जमीन के सभी काम अब होंगे मोबाइल पर, मिलेगी राहत
छत्तीसगढ़ में अब राजस्व सेवाएं एक क्लिक पर उपलब्ध होंगी। राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने सोमवार को अपने निवास कार्यालय से भुइयां व्हाट्सएप चैटबॉट और ऑटो-डाइवर्जन सेवा की शुरुआत की। राजस्व मंत्री ने इसे प्रशासनिक सुधार की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताया। इससे नागरिकों को लंबे इंतजार से मुक्ति मिलेगी। शासन की जवाबदेही और अधिक मजबूत होगी। नई व्यवस्था में अगर नागरिक द्वारा गणना की गई राशि वास्तविक देय राशि से कम पाई जाती है तो सक्षम अधिकारी द्वारा इसकी सूचना दी जाएगी। संबंधित व्यक्ति को 60 दिनों के भीतर शेष राशि जमा करनी होगी, अन्यथा अर्थदंड लगेगा। इस अवसर पर राजस्व सचिव रीना बाबासाहेब कंगाले और संचालक राजस्व विनीत नंदनवार सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे।
हमीदिया अस्पताल में भर्ती मरीजों के परिजनों से ठगी का मामला सामने पुलिस ने कॉल डिटेल और बैंक स्टेटमेंट की जानकारी के लिए पत्र लिखा है। इसके आधार पर 10 फरवरी तक इस मामले में कोई सुराग लगने की संभावना जताई जा रही है कि हमीदिया में कौन जितेंद्र को जानकारी उपलब्ध कराता था। इधर, अब तक 5 पीड़ितों ने कोहेफिजा थाने में 46 हजार रुपए से ज्यादा की ठगी की शिकायत दर्ज कराई है। हैरानी की बात यह है कि तीन दिन बीतने के बाद भी ठग को मरीजों की जानकारी देने वाले कर्मचारी सामने नहीं आए हैं। जांच के दायरे में फिलहाल सिर्फ आउटसोर्स कर्मचारी हैं, जबकि नियमित स्टाफ बाहर हैं। जबकि स्टाफ ही ठग जितेंद्र खागरे को मरीजों की जानकारी और उनके परिजन के मोबाइल नंबर उपलब्ध कराता था। इसके बाद ठग खुद को डॉक्टर बताकर बेहतर इलाज का लालच देता और फिर क्यूआर कोड भेजकर अपने खाते में पैसे मंगवाता था। शुक्रवार को ठगी के इस गिरोह के मुख्य आरोपी, बैतूल निवासी जितेंद्र खागरे को क्राइम ब्रांच की टीम ने इंदौर से गिरफ्तार कर कोहेफिजा थाने की पुलिस को सौंप दिया था। जांच में सामने आया है कि ठग मरीज की तबीयत बिगड़ते ही परिजनों को कॉल करता था। सिक्योरिटी इंचार्ज के मुताबिक पीड़ितों ने बताया कि मरीज को उल्टी या तकलीफ होने के करीब 10 मिनट बाद ही ठग का फोन आ जाता था। वह खुद को डॉक्टर बताकर कहता था कि मरीज की हालत गंभीर है और तुरंत इंजेक्शन के लिए 5 से 10 हजार रुपए ट्रांसफर करने होंगे। पुलिस को करीब 1400 आउटसोर्स कर्मचारियों की पूरी डिटेल दी गई है। उनके मोबाइल नंबर और अन्य जानकारी के आधार पर जांच की जा रही है।
पिस्तौल दिखा कर बाइक और मोबाइल छीन लिए
भास्कर न्यूज|मधुबनी नगर थाना क्षेत्र में पिस्तौल दिखाकर बाइक व मोबाइल छीलने का मामला सामने आया है। इस संबंध में पीड़ित तेतर सहनी ने नगर थाना में प्राथमिक को लेकर आवेदन दिया है। जिसमें बताया है कि वह दरभंगा ज़िला के केवटी का निवासी हूं और बसुआरा में अपने रिश्तेदार के यहां शादी में शामिल होने अपने बाइक से अपने घर से जगतपुर जा रहा था। भच्छी नहर के बीच पहुंचा तो वहां किसी अंजान व्यक्ति ने पिस्टल दिखाकर बाइक व सोने का चेन व मोबाइल ले लिया। वही, नगर थानाध्यक्ष मनोज कुमार ने बताया कि जानकारी हुई है, आवेदन मिलने के बाद सत्यापन को लेकर मामले की जांच किया जा रहा है।
लखीसराय पुलिस ने तेतरहाट थाना क्षेत्र से पांच शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से चोरी की दो मोटरसाइकिलें, एक टोटो और तीन मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, ये अपराधी किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे। सूनचा के आधार पर की वाहन चेकिंग एसडीपीओ शिवम कुमार ने बताया कि पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि तेतरहाट थाना क्षेत्र में कुछ अपराधी चोरी की मोटरसाइकिलों पर घूम रहे हैं। इस सूचना के आधार पर तेतरहाट बाजार में सघन वाहन चेकिंग अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान, एक मोटरसाइकिल पर सवार तीन संदिग्ध युवकों को रोका गया। जांच में मोटरसाइकिल चोरी की निकली, जिसके संबंध में तेतरहाट थाने में पहले से मामला दर्ज था। पूछताछ के बाद, इन आरोपियों ने अपने दो अन्य साथियों के बारे में जानकारी दी। बरामद वाहनों के चोरी होने की पुष्टि हुई पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो अन्य अपराधियों को भी गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद एक और चोरी की मोटरसाइकिल और एक चोरी का टोटो बरामद किया गया। सभी बरामद वाहनों के चोरी के होने की पुष्टि हुई है। गिरफ्तार किए गए सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जिले में लगातार वाहन चेकिंग और गश्ती अभियान चलाए जा रहे हैं, ताकि अपराध पर पूरी तरह से लगाम लगाई जा सके। पुलिस ने आम जनता से भी संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तुरंत पुलिस को देने की अपील की है।
एम्प्लॉई प्रोविडेंट फंड ऑर्गेनाइजेशन (EPFO) के मेंबर्स अब जल्द ही नए मोबाइल एप के जरिए UPI से PF का पैसा निकाल सकेंगे। मनीकंट्रोल की रिपोर्ट्स के मुताबिक, EPFO यह एप मार्च-अप्रैल 2026 में लॉन्च कर सकती है। अभी इसका ट्रायल चल रहा है और टेक्निकल गड़बड़ियां दूर की जा रही हैं। नया EPFO एप, UMANG एप से अलग होगा। यह एप सब्सक्राइबर के बैंक अकाउंट से लिंक रहेगा। इसके अलावा यह BHIM एप और दूसरे UPI एप्स से भी लिंक होगा। जिससे मेंबर्स को PF का पैसा UPI के जरिए सीधे बैंक अकाउंट में ट्रांसफर करने की सुविधा मिलेगी। इसके लिए मेंबर्स को एप में लॉगिन करना होगा। जिसमें मेंबर अपना एलिजिबल EPF बैलेंस देख सकेंगे। फिर UPI PIN डालकर ट्रांजेक्शन पूरा कर सकेंगे। पैसा सीधे सीडेड बैंक अकाउंट में आ जाएगा। पासबुक बैलेंस चेक करने जैसी अन्य सर्विसेज भी एप में मिलेंगी। एप का ट्रायल और तैयारी EPFO 100 डमी अकाउंट्स से ट्रायल कर रहा है। टेस्टिंग के बाद कोई गड़बड़ी आए तो ठीक की जा रही है। लेबर मिनिस्ट्री इस प्रोजेक्ट पर काम कर रही है। EPFO के एक टॉप ऑफिसर ने बताया, EPF का कुछ हिस्सा फ्रोज रहेगा, बड़ा हिस्सा बैंक अकाउंट में UPI से निकाला जा सकेगा। एप लॉन्च मार्च-अप्रैल में किया जाएगा। मेंबर्स को क्या फायदा मिलेगा यह सुविधा PF निकासी को आसान और तेज बनाएगी। बीमारी, शिक्षा, शादी, घर जैसी जरूरतों के लिए जल्दी पैसा मिल सकेगा। EPFO सर्विसेज को बैंकिंग लेवल पर लाने की कोशिश है। मौजूदा UMANG और UAN पोर्टल भी चलते रहेंगे, नई एप अलग से आएगी। PF निकासी की फिलहाल क्या व्यवस्था है अभी EPFO में UAN पोर्टल या UMANG एप से क्लेम फाइल करके PF निकालते हैं। इन दोनों प्रोसेस में थोड़ा समय लगाता है। हर साल 5 करोड़ से ज्यादा क्लेम सेटल होते हैं, जिसमें ज्यादातर EPF विड्रॉल के रहते हैं। ऑटो-सेटलमेंट से कोविड में 3 दिन में क्लेम सेटल होने लगा था। लिमिट भी 1 लाख से बढ़ाकर 5 लाख कर दी गई है। लेकिन EPFO बैंकिंग लाइसेंस नहीं होने से डायरेक्ट विड्रॉल नहीं दे सकता। EPFO के करीब 8 करोड़ मेंबर्स हैं EPFO के करीब 8 करोड़ मेंबर्स हैं। यह रिटायरमेंट फंड मैनेज करता है। ऑनलाइन सर्विसेज पहले से ही मजबूत हैं, लेकिन UPI इंटीग्रेशन से और सुविधा बढ़ेगी। सरकार EPFO 3.0 अपग्रेड के तहत डिजिटल क्लेम, फास्टर वेरिफिकेशन जैसी चीजें ला रही है। UPI विड्रॉल अप्रैल से शुरू होने की उम्मीद है। नौकरी जाने पर एक महीने के बाद निकाल सकेंगे PF का 75% पैसा PF विड्रॉल के नियम के तहत अगर किसी मेंबर की नौकरी चली जाती है तो वह 1 माह के बाद PF अकाउंट से 75% पैसा निकाल सकता है। इससे वह बेरोजगारी के दौरान अपनी जरूरतें पूरी कर सकता है। PF में जमा बाकी 25% हिस्से को जॉब छूटने के दो महीने बाद निकाला जा सकता है। ये खबर भी पढ़ें… G20 देशों में इंडियन इकोनॉमी की ग्रोथ सबसे तेज: ग्लोबल रेटिंग एजेंसी का अनुमान- अगले वित्त वर्ष भारत की GDP 6.4% की दर से बढ़ेगी ग्लोबल रेटिंग एजेंसी मूडीज ने सोमवार को भारतीय इकोनॉमी को लेकर नए अनुमान जारी किए हैं। मूडीज के मुताबिक, अगले वित्त वर्ष (2026-27) में भारत की GDP 6.4% की दर से बढ़ सकती है। मूडीज ने कहा कि यह रफ्तार दुनिया की प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं वाले G20 देशों के ग्रुप में सबसे ज्यादा होगी। एजेंसी ने इसके पीछे मजबूत घरेलू खपत, सरकार के नीतिगत फैसलों और देश के स्थिर बैंकिंग सिस्टम को मुख्य वजह बताया। पूरी खबर पढ़ें…
गुरुग्राम के सोहना में मोबाइल चोरी के एक आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से चोरी का मोबाइल फोन और एक बाइक बरामद की गई है। उसे 8 फरवरी को कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। पुलिस को बीकानेर मिष्ठान भंडार, बल्लभगढ़ मोड़, सोहना के मालिक ने शिकायत दी थी। उसने बताया कि उसकी दुकान से एक मोबाइल फोन चोरी हो गया था। शिकायत के आधार पर सोहना शहर थाना पुलिस ने संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाली और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर संदिग्ध की पहचान की। नशे के लत पूरा करने के लिए वारदात लगातार प्रयासों के बाद पुलिस ने 8 फरवरी को तिकोना पार्क, सोहना से आरोपी मोहम्मद साजिद (28) को गिरफ्तार किया। वह गुरुग्राम के गांव सांचोली का रहने वाला है। पुलिस पूछताछ में साजिद ने स्वीकार किया कि वह नशे का आदी है और नशे की लत पूरी करने के लिए उसने बीकानेर मिष्ठान भंडार से मोबाइल फोन चोरी किया था। उसने गुरुग्राम क्षेत्र में बाइक चोरी की एक अन्य वारदात को भी अंजाम देने का खुलासा किया है। पहले से दर्ज हैं कई मामले आरोपी मोहम्मद साजिद का आपराधिक रिकॉर्ड भी खंगाला गया। उसके खिलाफ गुरुग्राम में चोरी, मारपीट, जान से मारने की धमकी और शस्त्र अधिनियम के तहत कुल 8 मामले पहले से दर्ज हैं। यह दर्शाता है कि आरोपी लंबे समय से आपराधिक गतिविधियों में लिप्त रहा है।
जालंधर जिले के फगवाड़ा में सोमवार दोपहर एक युवती से मोबाइल छीनकर भाग रहे झपटमार को लोगों ने पकड़ लिया। गुस्साए लोगों ने उसकी पिटाई की और बाद में पुलिस के हवाले कर दिया।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, झपटमार ने युवती का मोबाइल छीनकर भागने की कोशिश की। युवती के शोर मचाने पर आसपास के लोग उसके पीछे भागे। इस दौरान आरोपी एक ट्रक के पीछे छिप गया। अमृतसर निवासी ट्रक ड्राइवर जयदीप सिंह ने बताया कि झपटमार उसकी गाड़ी में छिपने की कोशिश कर रहा था। जब उन्होंने उसे पकड़ने का प्रयास किया, तो वह पास के नाले में गिर गया, जिसके बाद उसे काबू कर लिया गया। लोगों ने की आरोपी की पिटाई इस दौरान लोगों ने झपटमार की जमकर पिटाई की और फिर घटना की सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलने पर एएसआई रंजिंदर सिंह अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और आरोपी को हिरासत में लेकर थाने ले गए।एएसआई रंजिंदर सिंह ने बताया कि आरोपी के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
कटिहार के बलिया बेलौन थाना पुलिस ने एक हत्या मामले का खुलासा करते हुए मुख्य आरोपी मो.जफर उर्फ जबार और उसके एक सहयोगी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई पिस्तौल भी बरामद की है। यह मामला 21 जनवरी 2026 को तब सामने आया जब वादिनी राहेला खातून ने पुलिस को लिखित आवेदन दिया। उन्होंने बताया कि उनकी बेटी नुजहत बानो का विवाह लगभग छह महीने पहले सिकंदर उर्फ असकंदर से हुआ था। शादी के बाद से ही नुजहत को उसके पति और ससुराल वालों द्वारा दहेज की मांग को लेकर लगातार मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था। पति उसे जान से मारने की धमकी भी दे रहा था। 20 जनवरी को शाम करीब 07:30 बजे पुलिस को सूचना मिली कि नुजहत बानो की गोली मारकर हत्या कर दी गई है। इस सूचना के आधार पर बलिया बेलौन थाना में मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी मो. जफर उर्फ जबार और उसके सहयोगी को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने हत्या की बात स्वीकार की है। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई पिस्तौल, एक मैगजीन और एक मोबाइल फोन भी बरामद किया है। कटिहार पुलिस ने इस हत्या के मामले का खुलासा कर बड़ी सफलता प्राप्त की है। पुलिस अब आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी है ताकि आरोपियों को जल्द से जल्द सजा दिलाई जा सके।
दतिया रेलवे स्टेशन के समीप शनिवार को हादसे में अज्ञात युवक की मालगाड़ी से कटकर मौत हो गई। घटना स्टेशन से कुछ दूरी पर हुई, लेकिन युवक का शव मालगाड़ी में फंसा हुआ स्टेशन तक पहुंच गया। शव पूरी तरह क्षत-विक्षत होने से मौके पर मौजूद लोगों में अफरातफरी मच गई। सूचना मिलते ही जीआरपी (रेलवे पुलिस) मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है। पुलिस को मौके से मृतक के जूते और अन्य निजी सामान मिले हैं, जिन्हें जब्त कर लिया गया है। इसके अलावा युवक का मोबाइल फोन भी बरामद हुआ है, हालांकि मोबाइल पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुका है। पुलिस सिम कार्ड के आधार पर मृतक की पहचान करने का प्रयास कर रही है। फिलहाल युवक की शिनाख्त नहीं हो सकी है। जीआरपी ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है और आसपास के थानों में गुमशुदगी की रिपोर्ट खंगाली जा रही है।
लखनऊ के चौक इलाके में बहराइच के एक सर्राफ कारोबारी से कारीगर 967 ग्राम सोना लेकर फरार हो गया। घटना के बाद से आरोपी कारीगर का मोबाइल बंद है। पीड़ित ने इस मामले में चौक थाने में मुकदमा दर्ज करवाया है। बहराइच के काजीपुरा उत्तरी निवासी मंथन पाटिल (32) सोना-चांदी के व्यापारी हैं। उन्होंने बताया कि 6 फरवरी को उन्होंने अपने कर्मचारी शिवाजी भोशले के साथ आभूषण कारीगर अफजाल अहमद को लखनऊ भेजा था। अफजाल को स्पष्ट निर्देश थे कि वह अमीनाबाद स्थित बृजवासी सर्राफ से सोना लेकर सीधे चौक सर्राफा मार्केट में स्थित न्यू बालाजी आर्नामेंट के संचालक शनि वर्मा को देंगे। योजना के तहत कर्मचारी को बैठाया, अकेले गया अमीनाबाद मंथन पाटिल के मुताबिक अफजाल अहमद ने साजिश के तहत शिवाजी भोशले को चौक सर्राफा मार्केट में बैठा दिया और खुद अकेले अमीनाबाद गया। वहां से उसने 967 ग्राम फाइन गोल्ड प्राप्त किया और केवल दिखावे के लिए सोने की फोटो व्हाट्सएप पर कारोबारी को भेज दी। दुकान पर न देकर पार्किंग की ओर गया, फिर हुआ गायब इसके बाद अफजाल सोना लेकर चौक पहुंचा, लेकिन जानबूझकर दुकान पर न जाकर पार्किंग की ओर चला गया। इसी दौरान उसने अपना मोबाइल फोन बंद कर लिया और सोने सहित फरार हो गया। देर तक इंतजार के बाद जब उसका कोई सुराग नहीं मिला, तो ठगी की आशंका गहराई। थाना चौक पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं और आरोपी की तलाश की जा रही है।
ग्वालियर के माधौगंज थाना क्षेत्र में जुपिटर स्कूटी से नगदी से भरा बैग चोरी करने वाले एक नाबालिग को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी के कब्जे से 3 लाख 55 हजार रुपए नकद और चोरी के पैसों से खरीदा गया मोबाइल फोन बरामद किया गया है, जबकि शेष रकम उसने अय्याशी में खर्च कर दी। माधौगंज पुलिस के मुताबिक फरियादी कृष्ण कुमार दौहरे (34) निवासी बराना गांव जिला दतिया वर्तमान में डांगवाले बाबा पानी की टंकी गुढ़ा क्षेत्र में रहते हैं और अलकापुरी सिटी सेंटर स्थित रजिस्ट्री सर्विस प्रोवाइडर मयंक श्रीवास्तव के कार्यालय में नौकरी करते हैं। स्कूटी पर बैग टांगकर सब्जी खरीदने गया था फरियादी घटना 5 फरवरी की रात करीब 8:50 बजे की है। कृष्ण कुमार अपनी जुपिटर स्कूटी (MP07-SQ-0254) पर नगदी से भरा बैग टांगकर गुढ़ा कलारी के पास सब्जी खरीदने चले गए थे। इसी दौरान नाबालिग ने मौका पाकर बैग चुरा लिया और फरार हो गया। बैग में 3 लाख 80 हजार रुपए नकद, एचडीएफसी बैंक की चेक बुक, आधार कार्ड, पैन कार्ड और आयुष्मान कार्ड रखे हुए थे। पुलिस ने सीसीटीवी कैमरे खंगाले घटना के बाद पीड़ित ने माधौगंज थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली, जिसमें एक नाबालिग बैग चोरी कर ले जाते हुए दिखाई दिया। फुटेज के आधार पर पुलिस सागर ताल के पास स्थित सरकारी मल्टी में आरोपी के घर पहुंची और उसे पकड़ लिया। पूछताछ में नाबालिग ने चोरी करना कबूल कर लिया। पुलिस ने उसके पास से 3 लाख 55 हजार रुपए और चोरी के पैसों से खरीदा गया मोबाइल फोन बरामद कर लिया है। मामले में आगे की कार्रवाई जारी है।
कटिहार में लूट की 2 वारदातें सुलझीं:पुलिस ने 3 आरोपियों को गिरफ्तार कर मोबाइल बरामद किए
कटिहार पुलिस ने लूट की 2 घटनाओं का खुलासा किया है। इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और दो मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। ये घटनाएं मुफ्फसिल थाना क्षेत्र में 6 फरवरी 2026 की रात को हुई थीं। पहली घटना 6 फरवरी 2026 को रात करीब 9:35 बजे हुई। कटिहार से काम करके घर लौट रहे कृष्ण कुमार (24) को बेशर्मा पुल पर चार अज्ञात व्यक्तियों ने रोका। उनके साथ मारपीट की गई और उनसे एक मोबाइल फोन तथा 8000 रुपये छीन लिए गए। इस संबंध में मुफ्फसिल थाना में कांड संख्या 48/26 दर्ज किया गया था। आरोपियों ने मारपीट की, कट्टा दिखा दी धमकी दूसरी घटना उसी रात करीब 10:00 बजे हुई। टोटो चालक राजा कुमार साह (27) कटिहार से घर लौट रहे थे, जब तीन अज्ञात व्यक्तियों ने उनका टोटो रोक लिया। आरोपियों ने उनके साथ मारपीट की, कट्टा दिखाकर धमकी दी और उनका मोबाइल फोन छीन लिया। इस मामले में मुफ्फसिल थाना में कांड संख्या 49/26 दर्ज किया गया था। दोनों घटनाओं की गंभीरता को देखते हुए कटिहार पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, सदर-1 के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया। टीम ने वैज्ञानिक और मानवीय सूचना के आधार पर छापेमारी की। घटना में शामिल तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया छापेमारी के दौरान घटना में शामिल तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया। इनकी पहचान मनीष कुमार यादव (24), मोहम्मद शाहिद (22) और मोहम्मद तौसीफ (19) के रूप में हुई है। तलाशी के दौरान उनके पास से दो मोबाइल फोन बरामद किए गए। पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है।
पंजाब के लुधियाना में बदमाशों के हौसले इतने बुलंद हो गए हैं कि अब उन्हें पुलिस या राहगीरों का कोई डर नहीं रहा। ताजा मामला गयासपुर के शांति नगर इलाके का है जहां शनिवार शाम बाइक सवार तीन झपटमारों ने काम से घर लौट रहे एक युवक को अपना शिकार बनाया। पूरी वारदात वहां लगे एक सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। वारदात का तरीका: CCTV फुटेज के अनुसार यह घटना 7 फरवरी की शाम करीब 6:30 बजे की है। पीड़ित युवक अपने काम से पैदल घर की ओर जा रहा था। इसी दौरान एक बाइक पर सवार तीन युवक वहां पहुंचते हैं। बाइक सवार बदमाशों ने युवक को देखते ही अपनी गाड़ी उसके पास रोकी। बाइक चालक थोड़ा आगे जाकर रुक गया जबकि पीछे बैठे दो युवक तुरंत नीचे उतरे और पीड़ित को दबोच लिया। बदमाशों ने युवक के साथ हाथापाई की और डरा-धमकाकर उसका मोबाइल फोन छीन लिया। वीडियो में एक बात और सामने आई है। जिस वक्त बदमाश युवक को घेरा था उसी दौरान वहां से एक ऑटो और एक अन्य बाइक सवार गुजरे। फुटेज में साफ दिख रहा है कि उन्होंने वारदात को होते हुए देखा लेकिन किसी ने भी युवक की मदद करने या बदमाशों को रोकने की हिम्मत नहीं दिखाई फोन छीनने के बाद दोनों बदमाश दौड़कर अपनी बाइक पर बैठे और मौके से फरार हो गए। पीड़ित युवक कुछ दूर तक उनके पीछे भागा लेकिन बदमाशों की रफ्तार तेज होने के कारण वह उन्हें पकड़ नहीं सका। अंत में युवक वापस लौट गया। पुलिस ने कहा इस मामले में पुलिस से पूछा तो उन्होंने बताया कि वीडियो सामने आया है लकिन कोई शिकायत नहीं आई फिर भी हम इस लुटेरों को सीसीटीवी के आधार पर पकड़ कर स्लाखों के पीछे भेजे गए
अज्ञात ठगों ने फोन कॉल के जरिए युवक के बैंक खाते से 1.37 लाख रुपये निकाल लिए। मोबाइल हैक कर ठगी को अंजाम दिया गया। पीड़ित ने अज्ञात के खिलाफ सेक्टर-49 थाने में केस दर्ज कराया है। जिन खातों में ठगी की रकम गई है, उनकी जांच की जा रही है। केवाईसी अपडेट के लिए दिया फोन नंबर सेक्टर-49 के हिंडन विहार सोसाइटी निवासी आशुतोष दुबे ने बताया कि पांच फरवरी को उनके मोबाइल पर एक अज्ञात नंबर से कॉल आई। कॉल करने वाले व्यक्ति ने खुद को एक बैंक का अधिकारी बताते हुए केवाईसी अपडेट कराने की बात कही। उसने आशुतोष को भरोसा दिलाते हुए कहा कि प्रक्रिया पूरी करने के लिए दिए गए नंबर पर कॉल करना होगा। फोन करते ही कटने लगे पैसेजैसे ही पीड़ित ने बताए गए नंबर पर कॉल किया, कुछ ही देर में उनके मोबाइल पर बैंक से जुड़े एसएमएस आने लगे। थोड़ी ही देर बाद उनके बैंक खाते से 1 लाख 37 हजार रुपये की रकम ऑनलाइन ट्रांसफर हो गई। यह ट्रांजेक्शन बिना उनकी अनुमति के किया गया। जब उन्हें खाते से पैसे कटने की जानकारी मिली तो उन्होंने तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल कर शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद उन्होंने स्थानीय सेक्टर-49 थाने में भी लिखित शिकायत देकर अज्ञात आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। मोबाइल किया गया हैकपीड़ित का दावा है कि मोबाइल हैक कर ठगी को अंजाम दिया गया। पुलिस की जांच में सामने आया है कि ठगों ने तकनीकी तरीके से पीड़ित के बैंक खाते की जानकारी हासिल कर रकम निकाली है। वहीं शिकायतकर्ता का कहना है उसने किसी से भी अपने बैंक की गोपनीय जानकारी साझा नहीं की थी,फिर भी खाते से पैसे निकल गए। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। ट्रांजेक्शन से जुड़े खातों की जांच जारीसाइबर सेल की टीम ट्रांजेक्शन से जुड़े बैंक खातों और मोबाइल नंबरों की जांच कर रही है, ताकि आरोपी तक पहुंचा जा सके। पुलिस अधिकारियों ने लोगों से अपील करते हुए कहा है कि यदि किसी भी प्रकार की संदिग्ध कॉल या ऑनलाइन ठगी का प्रयास हो तो तुरंत 1930 हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराएं और नजदीकी थाने को भी सूचित करें, ताकि समय रहते कार्रवाई कर रकम रिकवर करने की कोशिश की जा सके।
गाजियाबाद में 3 नाबालिग बहनों ने सामूहिक सुसाइड किया। इसे लेकर अलग-अलग थ्योरी सामने आ रही हैं। पहले कोरियन गेम की लत की बात सामने आई। उसके बाद पिता के बयान ने उलझाया। बच्चियों की मां का सामने न आना भी सवाल खड़े कर रहा है। पुलिस की अब तक की जांच और परिवार के सदस्यों से पूछताछ में अभी तक सामने आया है कि पिता के डांटने पर यह विवाद शुरू हुआ। पिता चेतन ने डांटा तो बड़ी बेटी निशिका ने रात में खाना नहीं खाया। उसकी मां और पिता ने समझाने का प्रयास किया। उसके बाद बड़ी बेटी अपनी दोनों छोटी बहनों के साथ सोने का नाटक करने लगी। रात 10 बजे चेतन अपनी तीसरी पत्नी टीना के साथ सोने के लिए अलग कमरे में चले गए। तभी 16 साल की निशिका को उसकी मां ने मोबाइल फोन दे दिया। दैनिक भास्कर की इस रिपोर्ट में पढ़िए शाम 7 बजे से लेकर तीनों बच्चियों के कूदने तक का घटनाक्रम… 3 पत्नी के साथ एक ही फ्लैट में रहता है चेतनगाजियाबाद के टीलामोड़ थाना क्षेत्र में भारत सिटी सोसाइटी के बी-1 में फ्लैट नंबर- 907 में चेतन (42) परिवार के साथ रहते हैं। चेतन की तीन पत्नियां सुजाता, हिना और टीना हैं। सुजाता और हिना सगी बहनें हैं, जबकि टीना मुस्लिम हैं। 3 फरवरी की रात चेतन की 3 बेटियों निशिका (16), प्राची (14) और पाखी (12) ने रात के 2 बजे नवीं मंजिल से कूदकर सुसाइड कर लिया था। इसे लेकर कई तरह के कयास लगाए गए। पुलिस ने चेतन और उनकी तीनों पत्नियों से जब पूछताछ कर बयान दर्ज किए। इसमें सामने आया कि 3 फरवरी की शाम करीब 8 बजे चेतन ने अपनी बड़ी बेटी निशिका को डांट दिया था। बेटी से मोबाइल छीना, बचाव करने पर पत्नी को गाली दीपुलिस को दिए बयान में चेतन और उनकी पत्नी ने बताया कि तीनों बहनें मोबाइल में कोरियन लड़के पसंद करती थीं। इसी से नाराज चेतन ने बड़ी बेटी निशिका को डांटा और थप्पड़ मारने के लिए कहा। इसके बाद उसका मोबाइल फोन छीनकर अपनी पहली पत्नी को सुजाता को दे दिया। इस पर निशिका ने अपनी मां से शिकायत की। चेतन ने फिर से उसे डांटा और कहा कि 3 दिन पहले भी समझाया था। मैं इसीलिए मोबाइल फोन बेच चुका हूं। अगर दोबारा मोबाइल चलाती दिखी तो जमीन पर पटक दूंगा। पिता चेतन के गुस्से को देखकर तीनों बेटियां डर गईं। इसके बाद चेतन ने अपनी पहली पत्नी सुजाता और दूसरी पत्नी हिना से कहा कि तुमने इन्हें लाड़-प्यार में बिगाड़ा है। मैं इतना सब कुछ लगातार नहीं सहन कर सकता। हर समय मोबाइल चलाना सही नहीं। पत्नी सुजाता ने बेटी निशिका का बचाव किया, तो चेतन ने उसको भी गाली दी। गुस्से में बेटी से बोले- तेरी शादी कर दूंगाचेतन ने अपनी बड़ी बेटी निशिका से गुस्से में कहा कि तुझे यदि यही सब करना है तो मैं तेरी शादी कर दूंगा। स्कूल जाना छुड़वा चुका हूं। 18 साल से पहले ही शादी कर दूंगा। फिर कितना ही मोबाइल फोन चलाना। इसके बाद चेतन को उनकी तीसरी पत्नी टीना अपने कमरे में ले गई। रात में किचन में साढ़े 8 बजे पहले सुजाता ने खाना बनाया। फिर तीसरी पत्नी ने अलग खाना बनाया। रात 9 बजे बड़ी बेटी निशिका ने खाना नहीं खाया और रूम में जाकर बेड पर कंबल ओढ़कर लेट गई। इसके बाद छोटी दोनों बहनें प्राची और पाखी भी उसी के साथ कंबल ओढ़कर लेट गईं। बेटियों को डांटने पर भड़कीं दो पत्नियांबेटी को डांटने के बाद चेतन का अपनी पत्नी सुजाता और टीना से झगड़ा शुरू हो गया। दोनों पत्नियों ने कहा कि तुम्हें बस चिल्लाना आता है। बेटी को समझा भी सकते थे। इस पर चेतन की तीसरी पत्नी टीना भी अपने कमरे से बाहर निकली। फिर काफी देर तक झगड़ा हुआ। इस पर बड़ी बेटी निशिका रोने लगी। तब चेतन ने डांटते हुए कहा कि अभी 2 थप्पड़ और मारूंगा तो एक साथ चुप हो जाएगी और खाना भी खा लेगी। 10 मिनट तक झगड़ा हुआ तो तीसरी पत्नी टीना रात 10 बजे चेतन को अपने कमरे में ले गई। चेतन अपनी रूम में पहुंचा, तो टीना की 3 साल की बच्ची देवू भी बेड पर थी। इसके बाद उसने अंदर से दरवाजा लॉक कर लिया। मां सुजाता ने निशिका को मोबाइल दियाचेतन के कमरे में जाने के बाद परिवार में सभी ने खाना खाया, लेकिन निशिका ने खाना नहीं खाया। रात के 10 बजे से अधिक का समय हो गया था। इसके बाद मां सुजाता ने निशिका को अपना मोबाइल फोन दे दिया। फिर निशिका अपनी दोनों छोटी बहनों के साथ फिर से कंबल में लेटकर मोबाइल चलाने लगी। इन तीन बहनों के साथ बेड पर 7 साल का बेटा भी था। इस बीच, चेतन की पहली पत्नी सुजाता और हिना फर्श पर गद्दे बिछाकर लेट गईं, लेकिन सोई नहीं। पति के व्यवहार से नाराज सुजाता ने कहा कि इस आदमी ने पूरे घर का सत्यानाश कर दिया है। समझाने पर भी नहीं मानता। हम दोनों बहन तो हैं ही। मुस्लिम टीना से तीसरी शादी करके इसने सब कुछ बर्बाद कर दिया। रात एक बजे पानी पीने के लिए उठी निशिकारात के एक बज चुका था। बड़ी बेटी निशिका बेड से उठी। उसके बाद दोनों बहनें प्राची और पाखी भी उठकर साथ में उठ गईं। तभी मां सुजाता ने कहा कि अब क्या हुआ, कहां चलीं? इस पर निशिका ने कहा कि पानी भी न पीऊं। इसके बाद निशिका रूम से उठकर मंदिर वाले कमरे की तरफ चली गई। पीछे-पीछे दोनों छोटी बहनें भी थीं। उसके बाद पता नहीं कब उसमें से एक ने प्लास्टिक के स्टूल को लाकर रख लिया। एक बजकर 15 मिनट पर तीनों बहनों ने अंदर से दरवाजा लॉक कर लिया। यह दरवाजा प्लाईवुड का था, जिससे आवाज बाहर न जा सके। मोबाइल फोन मंदिर वाले रूम में तीनों के साथ था। तीनों ने अंदर से दरवाजा बंद कर लिया। मां और पिता ने दरवाजा भी खटखटायाकुछ देर तक तीनों बच्चियां बाहर नहीं आईं, तब पहली पत्नी सुजाता ने पति चेतन को जगाया। इसके बाद पति-पत्नी दरवाजा खोलने के लिए कहते रहे। करीब 2 बजे तीनों बहनों ने मंदिर वाले कमरे के विंडो से छलांग लगा दी। इसके करीब 2 मिनट बाद ही चेतन अपनी दोनों पत्नियों के साथ लिफ्ट से नीचे पहुंचे। वहां पर तीनों बच्चियों के शव पड़े थे। पुलिस को सामने के टावर पर रहने वाले अरुण ने बताया कि करीब 2 बजे मैं सोने से पहले बालकनी में झांक रहा था। इसी दौरान सामने के फ्लैट में अजीब तरह से कुछ दिखा। वहां तीनों को गिरते हुए देखा, जिसमें शायद विंडो पर बाहर की तरफ सिर करके बैठा उसे कोई अंदर की तरफ खींच रहा था। इसके बाद तीनों नीचे आ गईं। निशिका का एक मोबाइल बरामदडीसीपी निमिष पाटील ने बताया कि निशिका के 2 मोबाइल पिता चेतन ने पहले बेच दिया था। मौके से जो फोन मिला, वह चेतन की पहली पत्नी सुजाता का था। बच्चियां मां का फोन ही कुछ दिन से चला रहीं थी। कुछ दिन पहले बेचे गए मोबाइल को एक दुकान से रिकवर किया गया है। उसमें वह क्लीन मिला है। उसे फोरेंसिक लैब निवाड़ी भेजा जाएगा, जिससे पता चल सके कि क्या डेटा डिलीट हुआ। 6 महीने पहले जो मोबाइल बेचा गया था, उसे भी जल्दी रिकवर कर लिया जाएगा। ………….. ये खबर भी पढ़ें… गाजियाबाद में 3 बहनें कूदीं या धक्का दिया गया?:पिता ने 2 बातें बताईं; अपार्टमेंट की महिला बोली- बच्चियों की माएं गाली दे रही थीं गाजियाबाद में 3 फरवरी की रात 3 बहनों ने सुसाइड किया। एक तरफ, 8 पन्नों के सुसाइड नोट से उनके कोरियाई कल्चर में पूरी तरह से ढल जाने का खुलासा हुआ। दूसरी तरफ, पिता चेतन सुसाइड की वजह बदलते रहे। पहले कहा- कोरियन गेम की टास्क के आखिरी पड़ाव में सुसाइड कर लिया। फिर कहा- बेटियां दिनभर कोरियन मूवी, रील्स देखती थीं। मोबाइल छीन लिया था, कहा था कि सुधरी नहीं तो तुम्हारी शादी करवा दूंगा। पढ़ें पूरी खबर
शहरवासियों को स्वास्थ्य सेवाओं में बड़ी राहत मिली है। मुख्यमंत्री निशुल्क जांच योजना के तहत शहर की 8 अरबन डिस्पेंसरी और नयागांव पीएचसी को सैंपल कलेक्शन सेंटर बनाया गया है। इनमें मरीज ब्लड और दूसरे सैंपल दे सकेंगे। इनकी जांच रिपोर्ट मोबाइल पर मिलेगी। इस सुविधा से 80 हजार से अधिक लोगों को फायदा होगा। मरीजों को छोटी-बड़ी जांचों के लिए मेडिकल कॉलेज में लाइनों में घंटों इंतजार नहीं करना पड़ेगा। डॉक्टर को दिखाने के बाद आभा आईडी से 100 से ज्यादा जांचें मुफ्त हो सकेंगी। सीएमएचओ डॉ. अशोक आदित्य ने बताया कि अभी योजना का पहला चरण है। इसमें अर्बन पीएचसी को कलेक्शन सेंटर बनाया है। भूपालपुरा, आयड़, गोवर्धन विलास, धान मंडी, जगदीश चौक, मादड़ी इंडस्ट्रीयल एरिया, माछला मगरा और प्रतापनगर पीएचसी शामिल हैं। दूसरे चरण में ग्रामीण क्षेत्रों पर फोकस रहेगा। इसमें जिले के 28 सीएचसी, भींडर जिला अस्पताल, बड़गांव और वल्लभनगर के सेटेलाइट अस्पतालों में भी सुविधा शुरू होगी। ये सभी जांचें शामिल ट्रोपोनीन-हार्मोन जैसे टेस्ट भी हृदय रोग के शुरुआती लक्षणों और जोखिम की पहचान के लिए ट्रोपोनीन आई एंड टी टेस्ट भी करवाया जा सकेगा। यही नहीं, लिपिड प्रोफाइल में कोलेस्ट्रॉल, ट्राइग्लिसराइड (एसटीजी), अच्छे-बुरे कोलेस्ट्रॉल (एचडीएल/एलडीएल/वीएलडीएल) की विस्तृत जांच, रक्त के थक्के जमने की स्थिति का पता लगाने के लिए डी-डाइमर, कोआगुलेशन टेस्ट के तहत इसमें पीटी, एपीटीटी और बीटी-सीटी, हार्मोन और बांझपन संबंधी, एएमएच (एंटी मुलेरियन हार्मोन), प्रोलेक्टिन और बीएचजीसी, हार्मोन टेस्ट, शुगर के स्तर की सटीक जानकारी के लिए एचबीएवन-सी टेस्ट भी होंगे। सैंपल डिस्पेंसरी पर ही लिए जाएंगे
मनुष्य को बारिश रूकने के बाद छाता व बैटरी खत्म होने पर मोबाइल बोझ लगने लगता है : प्रसन्न सागर
जयपुर | आचार्य प्रसन्न सागर महाराज संघ का रविवार को श्योपुर के श्री चन्द्र प्रभू दिगंबर जैन मंदिर में विशाल जुलूस के साथ मंगल प्रवेश हुआ। धर्मसभा में आचार्य प्रसन्न सागर ने कहा कि भगवान से कभी बुद्धि मत मांगना। नसीब और भाग्य मांगना। किस्मत के धनी ही वैराग्य की ओर बढ़ते है। मतलबी और स्वार्थी होना आज के आदमी की फ़ितरत बन गई है। बारिश रूकने के बाद छतरी और बैटरी खत्म होने के बाद मोबाइल बोझ लगने लगते है। वस्तु-कार्य और धन दौलत की आयु अल्प कालीन होती है। ये कभी भी धोखा दे सकते हैं, जबकि संबंधों का नाता दीर्घकालीन होता है।
फाजिल्का की सदर थाना पुलिस ने कई वर्ष पुराने उन मामलों को सुलझा दिया है । जिनके सुलझने की उम्मीद लोग छोड़ चुके थे । दरअसल फाजिल्का की सदर थाना पुलिस ने चार वर्ष पहले तक के गुम हुए मोबाइल ढूंढ निकाले हैं । और उन्हें उनके मालिकों तक पहुंचाया है । पुलिस का कहना है कि स्पेशल विंग इसके लिए काम कर रहा है । जिसके जरिए करीब 10 मोबाइल ट्रेस कर उनके मालिकों तक पहुंचा दिए गए हैं । 10 मोबाइल ढूंढ निकाले जानकारी देते हुए फाजिल्का की सदर थाना के एसएचओ प्रगट सिंह सिद्धू ने बताया कि पुलिस के पास लगातार ऐसी शिकायत आ रही है । कि लोगों के मोबाइल गुम हो गए । इसी के तहत पुलिस द्वारा विशेष पोर्टल के जरिए इन मोबाइल को ट्रेस पर लगाया जाए जा रहा है । और जिसका नतीजा यह सामने आया है कि पुलिस ने कुछ दिनों में 10 मोबाइल ढूंढ निकाले हैं । जो विभिन्न स्थानों पर लोगों से गुम हो गए थे । 2 लाख की कीमत के मोबाइल एसएचओ प्रगट सिंह के मुताबिक बरामद हुए मोबाइल में ज्यादा मोबाइल 2023 और उससे पहले के गुम हुए हैं । करीब 2 लाख से अधिक कीमत के इन मोबाइल्स को न सिर्फ पुलिस में बरामद किया है । बल्कि उनके मालिकों को तक पहुंचाकर उन्हें सपुर्द कर दिया है । एसएचओ का कहना है कि पुलिस काम करती है । समय लग जाता है । लेकिन अंजाम तक जरूर पहुंचती है । लोगों ने जताया पुलिस का आभार उधर गांव हंसता कलां के हरजिंदर सिंह का कहना है कि करीब 15 महीने पहले उसके घर से कोई मोबाइल चोरी कर ले गया था । जिसे पुलिस ने बरामद किया है । जबकि उधर गट्टी नंबर एक के रहने वाले हरदेव सिंह ने बताया कि 2023 में उनके सरहदी इलाके में आई बाढ़ के दौरान उसका फोन गुम हो गया था । जो आज सदर पुलिस ने ढूंढ कर दिया है ।
रामपुर पुलिस ने 20 गुम मोबाइल बरामद किए:साइबर सेल की मदद से 4 लाख के फोन मालिकों को सौंपे
रामपुर की सिविल लाइंस पुलिस और साइबर सेल ने बड़ी सफलता हासिल की है। उन्होंने लंबे समय से गुमशुदा 20 मोबाइल फोन बरामद कर उनके असली मालिकों को सौंप दिए हैं। इन बरामद किए गए फोनों की कुल कीमत लगभग चार लाख रुपये बताई जा रही है। यह कार्रवाई थाना सिविल लाइंस के प्रभारी निरीक्षक संजीव कुमार और साइबर सेल की टेक्निकल टीम के प्रभारी अंकुश कुमार के नेतृत्व में की गई। पुलिस ने इन मोबाइल फोन को ट्रैक करने के लिए सीईआईआर पोर्टल (Central Equipment Identity Register) का उपयोग किया। अपने खोए हुए मोबाइल फोन वापस पाकर सभी मालिक बेहद प्रसन्न दिखे। उन्होंने पुलिस की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि उनके फोन वापस मिलेंगे। पुलिस प्रशासन का यह प्रयास न केवल तकनीकी दक्षता को दर्शाता है, बल्कि आम जनता के बीच पुलिस के प्रति विश्वास को भी मजबूत करता है। रामपुर पुलिस की साइबर सेल ने एक बार फिर अपनी कार्यकुशलता साबित की है। सिविल लाइंस पुलिस और साइबर सेल की तकनीकी टीम के अथक प्रयासों से यह उपलब्धि हासिल हुई है।
पूर्णिया में महिला से मोबाइल छीना:मरंगा थाना के सामने दो बाइक सवार बदमाशों ने की घटना
पूर्णिया में मोबाइल छीनने की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। ताजा मामला मरंगा थाना क्षेत्र से सामने आया है, जहां बाइक सवार दो बदमाशों ने एक महिला से मोबाइल छीन लिया और मौके से फरार हो गए। यह घटना मरंगा थाना के ठीक सामने हुई। पीड़िता की पहचान भट्टा बाजार निवासी पूनम गुप्ता के रूप में हुई है। पूनम गुप्ता ने बताया कि वह अपने परिवार के साथ टोटो से हरदा जा रही थीं। जब उनका टोटो मरंगा थाना के सामने से गुजर रहा था, तभी पीछे से एक बाइक पर सवार दो युवक उनके पास आए। बदमाशों ने झपट्टा मारकर पूनम गुप्ता के हाथ से मोबाइल छीन लिया। इसके बाद दोनों अपराधी तेजी से हरदा की ओर फरार हो गए। घटना के बाद पीड़िता पूनम गुप्ता ने मरंगा थाना में आवेदन देकर न्याय की गुहार लगाई है। क्षेत्र में लगातार हो रही ऐसी घटनाओं से लोगों में भय का माहौल है। स्थानीय निवासियों ने पुलिस प्रशासन से इलाके में गश्त बढ़ाने और मोबाइल छीनने वाले बदमाशों पर लगाम लगाने की मांग की है।
बरवाअड्डा थाना क्षेत्र के जोड़ापीपल के पास रविवार को उस वक्त सनसनी फैल गई, जब एक खेत में पेड़ से दुपट्टे के सहारे एक विवाहित महिला का शव लटका हुआ मिला। खेत में काम करने पहुंचे लोगों की नजर जब शव पर पड़ी तो इलाके में हड़कंप मच गया। देखते ही देखते बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जुट गए। घटना की जानकारी तत्काल बरवाअड्डा थाना पुलिस को दी गई। खेत के बीच पेड़ से लटका शव दूर से ही नजर आ रहा था, जिससे पूरे क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। पुलिस ने शव उतारकर कब्जे में लिया घटना की सूचना मिलने पर बरवाअड्डा थाना प्रभारी रवि कुमार पुलिस टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से पेड़ से शव को नीचे उतारा और अपने कब्जे में लिया। इसके बाद घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया गया। पुलिस ने आसपास मौजूद लोगों से पूछताछ की, लेकिन महिला की पहचान को लेकर कोई ठोस जानकारी नहीं मिल सकी। आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए धनबाद भेज दिया गया है। बैग और मोबाइल बरामद, डायरी में मिले कई नंबर पुलिस ने मृत महिला के पास से एक बैग और एक मोबाइल फोन जब्त किया है। बैग की तलाशी लेने पर उसमें एक डायरी मिली, जिसमें कई लोगों के मोबाइल नंबर दर्ज हैं। पुलिस अब इन्हीं नंबरों के आधार पर महिला की पहचान स्थापित करने का प्रयास कर रही है। मोबाइल फोन की भी जांच की जा रही है, ताकि कॉल डिटेल और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के जरिए यह पता लगाया जा सके कि महिला किन लोगों के संपर्क में थी और आखिरी बार उसने किससे बात की थी। पहचान और मौत के कारण पर सस्पेंस प्रारंभिक जांच में महिला की पहचान और उसके परिवार से जुड़ी कोई जानकारी सामने नहीं आ सकी है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि महिला कहां की रहने वाली थी, किन परिस्थितियों में वह जोड़ापीपल के पास खेत तक पहुंची और उसने आत्मघाती कदम क्यों उठाया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, फिलहाल कुछ भी स्पष्ट कहना जल्दबाजी होगी। मौत के सही कारणों का खुलासा पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। पुलिस हर पहलू से मामले की जांच कर रही है, ताकि इस रहस्यमयी घटना की पूरी सच्चाई सामने लाई जा सके।
अजमेर में एक युवक को मोबाइल चोरी के शक में बेरहमी से पीटा। पांच-छह लोगों ने युवक को घेर लिया, एक ने उसका हाथ मरोड़ दिया, जबकि बाकी उसके पेट, पीठ और जांघों पर लात-घूंसे मारते रहे। युवक खुद को बचाने की कोशिश करता रहा, लेकिन आसपास के लोग भी उसे बचाने के लिए नहीं आए। पिटाई के बाद जब उसकी तलाशी ली गई तो उसके पास से मोबाइल नहीं मिला। घटना शनिवार शाम दरगाह के पास की है। दरगाह थाना पुलिस को अभी तक इस मामले में कोई शिकायत नहीं मिली है। घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें युवक पर हमला करते हुए लोग नजर आ रहे हैं। अब देखिए, घटना से जुड़ी 3 PHOTOS… पुलिस तक नहीं पहुंचा मामला दरगाह थाना प्रभारी दिनेश जीवनानी ने बताया- इस घटना के संबंध में किसी भी पक्ष की ओर से कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है और मामला उनकी जानकारी में भी नहीं है। उन्होंने कहा कि पुलिस फिलहाल सामने आए वीडियो के आधार पर मामले की जांच कर रही है। मोबाइल नहीं मिला, फिर भी पीटा प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, जयपुर से आए एक जायरीन का मोबाइल चोरी हो गया था। शक के आधार पर युवक को पकड़ लिया गया और पुलिस को सौंपने के बजाय, भीड़ ने खुद ही उसे पीटना शुरू कर दिया। दरगाह और उसके आसपास के क्षेत्र में सुरक्षा के लिए पुलिस हमेशा तैनात रहती है। इसके बावजूद मामले की पुलिस को कोई भनक तक नहीं लगी। ………….. पढें ये खबर भी… अजमेर में एक के बाद एक कई धमाके, VIDEO:अंडरग्राउंड केबल में लगी आग, पुलिस ने ट्रैफिक को रोका अजमेर में बिजली की अंडरग्राउंड लाइन में शॉर्ट सर्किट होने से आग लग गई। आग की चिंगारी से मौके पर अफरा-तफरी का माहौल हो गया। तारों में स्पार्किंग के साथ पटाखों जैसी तेज आवाजों के साथ एक के बाद एक कई धमाके होने लगे। पूरी खबर पढें
बुलंदशहर पुलिस ने एक विशेष अभियान के तहत लगभग 45 लाख रुपये मूल्य के 164 गुम हुए मोबाइल फोन बरामद किए हैं। इन फोनों को तकनीकी सर्विलांस और सीईआईआर पोर्टल की सहायता से देश के विभिन्न हिस्सों से ट्रेस किया गया। मोबाइल वापस मिलने पर उनके मालिकों के चेहरों पर खुशी देखी गई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) दिनेश कुमार ने बताया कि गुम हुए मोबाइलों की बरामदगी के लिए एक विशेष अभियान चलाया गया था। इस अभियान में विभिन्न थानों की पुलिस ने सक्रिय भूमिका निभाई। बरामद किए गए फोनों में एक आईफोन 17 प्रो मैक्स भी शामिल है, जिसे बेंगलुरु से बरामद किया गया। यह फोन एसएसपी के एक रिश्तेदार का बताया जा रहा है। जांच में सामने आया कि यह आईफोन एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा बेचा गया था, जिसे पुलिस ने ट्रेस कर बरामद कर लिया। एसएसपी ने जानकारी दी कि सभी बरामद मोबाइल फोन वैधानिक प्रक्रिया पूरी करने के बाद उनके वास्तविक स्वामियों को सौंप दिए गए हैं। उन्होंने आम जनता से अपील की कि मोबाइल गुम होने पर तुरंत संबंधित थाने में सूचना दें। इस अभियान में कोतवाली नगर पुलिस ने सर्वाधिक 26 मोबाइल फोन बरामद किए। एसएसपी दिनेश कुमार ने यह भी बताया कि पुलिस भविष्य में भी इस तरह के अभियानों को जारी रखेगी, ताकि नागरिकों को राहत मिल सके और अपराध पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सके।
धनबाद के बाबूडीह खटाल निवासी और पीएनबी बैंक के लिए लोन रिकवरी का काम करने वाले अमित कुमार के लापता होने के बाद आज शव बरामद कर लिया गया है। उनकी हत्या के आरोप में विकास खंडेलवाल नाम के व्यक्ति को अरेस्ट किया गया है। विकास की निशानदेही पर अमित की बॉडी सदर थाना क्षेत्र स्थित सूर्य हाइलैंड सोसाइटी में उसी के घर से बरामद की गई है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और पंचनामा के बाद पोस्टमॉर्टम के लिए शहीद निर्मल महतो मेमोरियल मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेज दिया। परिजनों से लापता होने की दर्ज कराई थी शिकायत मृतक के परिजनों द्वारा पहले ही अमित अग्रवाल के लापता होने की शिकायत दर्ज कराई गई थी। शिकायत में यह भी बताया गया था कि अमित के मोबाइल फोन पर 15 लाख रुपए की फिरौती की मांग की जा रही है। पुलिस ने टेक्निकल साक्ष्यों के आधार पर मोबाइल लोकेशन ट्रेस कर जांच शुरू की। डीएसपी लॉ एंड ऑर्डर नौशाद आलम ने बताया कि मोबाइल लोकेशन के आधार पर विकास खंडेलवाल को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ के दौरान आरोपी ने हत्या की बात कबूल की, जिसके बाद उसकी निशानदेही पर अमित अग्रवाल का शव बरामद किया गया। एक करोड़ के लोन का था सेटलमेंट पुलिस के अनुसार, आरोपी और मृतक के बीच करीब एक करोड़ रुपए के लोन सेटलमेंट को लेकर विवाद चल रहा था। इसी विवाद के कारण अमित अग्रवाल की हत्या की गई। फिलहाल पुलिस आरोपी से गहन पूछताछ कर रही है। मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है। परिजनों से मिली जानकारी के अनुसार अमित शुक्रवार को सुबह करीब 11 बजे घर से यह कहकर निकले थे कि उन्हें दूर जाना है और लौटने में देर हो सकती है। इसके बाद दोपहर करीब 2 बजे परिजनों ने उनसे संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन मोबाइल फोन रिसीव नहीं हुआ। लगातार संपर्क नहीं हो पाने पर परिवार को अनहोनी की आशंका होने लगी। अमित के मोबाइल से आई फिरौती की कॉल परिजनों के अनुसार, कुछ समय बाद अमित के ही मोबाइल फोन से एक अज्ञात व्यक्ति का कॉल आया। फोन करने वाले ने दावा किया कि अमित उसके पास हैं। उसने 15 लाख रुपए की फिरौती की मांग की। रकम नहीं देने पर अमित को नुकसान पहुंचाने की धमकी भी दी। इसके बाद परिवार पूरी तरह घबरा गया और तत्काल मामले की सूचना धनबाद पुलिस को दी। परिजनों का कहना है कि अमित का किसी से व्यक्तिगत विवाद नहीं था, लेकिन लोन रिकवरी के काम के दौरान वह कई लोगों के संपर्क में रहता था। मोबाइल लोकेशन से जांच में जुटी थी पुलिस घटना की सूचना मिलते ही धनबाद पुलिस सक्रिय हो गई थी। पुलिस ने सबसे पहले अमित के मोबाइल फोन की लोकेशन के आधार पर जांच शुरू की। शुरुआती तौर पर मोबाइल की लोकेशन गोविंदपुर ऊपर बाजार में मिली। इसके बाद सरायढेला थाना क्षेत्र स्थित सूर्य हाइलैंड सिटी के पास कई घंटों तक फोन सक्रिय रहा। बाद में पुलिस को यह जानकारी मिली कि अमित का मोबाइल फोन डांगी मोड़ के पास फेंक दिया गया है। मोबाइल मिलने के बाद पुलिस ने जांच का दायरा और तेज कर दिया है। एक करोड़ के लोन का था सेटलमेंट थानेदार मनोज पांडेय के नेतृत्व में पुलिस टीम सूर्य हाइलैंड सिटी पहुंची और वहां गहन जांच-पड़ताल की। इस दौरान विकास खंडेलवाल को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया था। उसी से पूछताछ के बाद पूरे मामले का खुलासा हुआ। अमित कुमार से उसका लोन सेटलमेंट को लेकर बातचीत चल रही थी। फिलहाल पुलिस विकास खंडेलवाल को अरेस्ट कर ली है।
राजधानी रायपुर में एक 19 साल के युवक ने शहर के 4 छोटे व्यापारियों से 15 लाख की ठगी की है। कृष पवार (19) 10वीं पास है। वह छिंदवाड़ा का रहने वाला है। 6 महीने पहले रायपुर में फाइनेंस क्षेत्र में जॉब करने के लिए आया था। अपनी खुद की मोबाइल दुकान खोलना चाहता था, इसलिए उसने दूसरे के नाम पर लोन निकलवाया। मामला मौदहापारा थाना क्षेत्र का है। कृष ने शहर के एमजी रोड में ठेला लगाने वाले व्यापारियों को निशाना बनाया और उनके मोबाइल में बैंक एप्लीकेशन डाउनलोड कर प्री अप्रूव्ड लोन अप्लाई कर दिया। पैसा मिलने के बाद अपने खाते में ट्रांसफर कर लिया। पीड़ितों की शिकायत के बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। अब सिलसिलेवार जानिए पूरा घटनाक्रम मुदित पाठे उर्फ कृष पवार (19) मुख्य रुप से मध्यप्रदेश के छिंदवाड़ा का रहने वाला है। उसने दसवीं तक पढ़ाई की। फिर फाइनेंस सेक्टर में काम करने की इच्छा लेकर रायपुर आया था। आरोपी ने पुलिस को बताया कि, वह रायपुर के गुढ़ियारी क्षेत्र में पहले किराए से रहा। फिर डोरमेट्री में ठहरकर ठेले वालों और छोटे व्यापारियों से धीरे-धीरे मेलजोल बढ़ाता था। उसने ऑनलाइन फाइनेंस, कैशबैक, इन्वेस्टमेंट ऐप्स से बेस्ट कैशबैक, प्रोमो कोड और रेफरल कोड की जानकारी ली। शुरू में पीड़ितों को प्रॉफिट दिलवाने लगा। जिससे व्यापारी भरोसा करने लगे इसके बाद युवक ने पीड़ितों के आधार कार्ड, पैन कार्ड, मोबाइल फोन और अन्य निजी डॉक्यूमेंट भी ले लिए। शुरुआत में वह लोन निकालने के प्रोसेस में व्यापारियों की हेल्प करता था। इसके बाद उसने अलग-अलग फाइनेंस एप्लीकेशन के जरिए पीड़ितों के नाम पर प्री-अप्रूव्ड लोन निकाले। लोन के पैसे को अपने खाते में चैनलाइज किया गया। इन कारोबारियों से हुई ठगी गुपचुप लगाने वाले से साढ़े 4 लाख की ठगी आज़ाद चौक थाना क्षेत्र के निवासी दौलत कुशवाहा (32) ने पुलिस को बताया कि वह एमजी रोड पर ठेला लगाकर गुपचुप का व्यवसाय करता है। करीब तीन महीने पहले उसकी पहचान कृष पवार नाम के युवक से हुई, जो खुद को बैंकों से लोन दिलाने वाला बताता था। दौलत ने अपनी बहन की शादी के लिए पैसों की जरूरत बताई और किरिश से लोन दिलाने की बात की। इसी दौरान आरोपी ने उसका आधार कार्ड, पैन कार्ड और बैंक पासबुक ले लिया। आरोपी ने रकम अपने खाते में ट्रांसफर की पीड़ित के मुताबिक, कृष ने उसकी जानकारी के बिना एक्सिस बैंक, डूंडा शाखा के खाते से 80,035 रुपए का लोन पास करा दिया। जब दौलत ने बताया कि उसे लोन की जरूरत नहीं है, तो आरोपी ने मोबाइल लेकर रकम बैंक में वापस करने का झांसा दिया, लेकिन असल में पूरा पैसा अपने खाते में ट्रांसफर कर लिया। इतना ही नहीं, आरोपी ने बाद में IDFC बैंक से भी दौलत की केवाईसी का गलत इस्तेमाल करते हुए 3,84,000 रुपए का दूसरा लोन पास कराया। रकम खाते में आते ही उसने तुरंत अपने खाते में ट्रांसफर कर लिए। बिना पैसे लिए ही किस्त भरने को मजबूर पीड़ित के अनुसार, आरोपी ने क्रोमो कोड वाउचर और कैशबैक का लालच देकर उसके भरोसे का गलत फायदा उठाया। पीड़ित बिना पैसे निकाले अब भी लोन की किस्तें हर महीने भर रहा है। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने जांच कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। जांच में पता चला कि आरोपी ने इसी तरीके से अब्दुल हन्नान, सिराज सोलंकी और रोजिना सोलंकी के साथ भी ठगी की है। किसी से 6 लाख तो किसी से 80 हजार 80 हजार की ठगी हुई है। आरोपी बोला- पैसों की जरूरत थी, इसलिए ऐसा किया पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार होने के बाद आरोपी ने बताया कि उसके पिता पहले इंश्योरेंस क्षेत्र में कार्यरत थे। कोरोना काल के बाद आर्थिक रूप से कमजोर हो गए थे। इसके बाद उसने दसवीं के बाद पढ़ाई छोड़ दी और ऑनलाइन ऐप्स व पोर्टल के माध्यम से फाइनेंस व निवेश से संबंधित जानकारी हासिल की। ठगी के पैसे से मोबाइल दुकान खोलना था आरोपी ने कहा कि उसका मकसद ठगी से एकत्र की गई राशि से छिंदवाड़ा में मोबाइल दुकान स्थापित करना था। कोतवाली एसीपी दीपक मिश्रा ने बताया कि रायपुर पुलिस आरोपी के खिलाफ आगे कार्रवाई कर रही है। उसके कब्जे से दर्जनभर बैंक कार्ड्स, क्रेडिट कार्ड, पासबुक, चेकबुक और मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। …………………….. इससे जुड़ी खबर भी पढ़ें… रायपुर में कारोबारी से 11 करोड़ की ठगी: हाई-टेक एब्रेसिव्स कंपनी ने बैंक में गिरवी रखी जमीन बेची; डायरेक्टर समेत 3 आरोपी गिरफ्तार, 9 फरार राजधानी रायपुर में कारोबारी से जमीन के नाम पर 11 करोड़ 51 लाख की ठगी हुई है। पीड़ित ने हाई-टेक एब्रेसिव्स प्राइवेट लिमिटेड और उससे जुड़े डायरेक्टर, प्रमोटर शेयर होल्डरों और प्रॉपर्टी ब्रोकर पर आरोप लगाया है। मामला सरस्वती नगर थाना क्षेत्र का है। पढ़ें पूरी खबर…
पंचकूला में उत्तर- प्रदेश से नशीली दवाओं की खेप लेकर पहुंचे एक सॅप्लायर को पुलिस ने पकड़ लिया। आरोपी से 12 हजार नशीली गोलियां बरामद की गई हैं। आरोपी के खिलाफ सेक्टर-14 थाना में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। पंचकूला पुलिस के SI राकेश ने बताया कि उनकी टीम विजिलेंस थाना के पास तैनात थी। टीम को सूचना मिली थी कि यूपी से एक व्यक्ति ट्रेन के जरिए नशीली गोलियां लेकर आ रहा है। जब आरोपी पंचकूला सेक्टर-17 की राजीव कॉलोनी के पास पहुंचा तो मुखबिर ने इशारा कर युवक के बारे में बताया। टीम ने तुरंत युवक को काबू कर लिया। पिट्ठू बैग लेकर घूम रहा पुलिस टीम को काबू किए युवक ने बताया कि वह उत्तर-प्रदेश के प्रतापगढ़ जिले में दुर्ग सराय गांव का रहने वाला है। आरोपी पिट्ठू बैग लिए हुए थे। जिसकी तलाशी के लिए माौके पर ही राजपत्रित अधिकारी को बुलाया गया। ACP हैडक्वार्टर अजीत सिंह की मौजूदगी में युवक की तलाशी ली गई। आरोपी के बैग से नशीली गोली के 200 पत्ते बरामद किए गए। हर पत्ते में 60-60 गोलियां थी। कुल 12 हजार गोलियां बरामद हुई हैं। वहीं आरोपी के पास से 300 रुपए व एक मोबाइल भी बरामद किया गया है। रिमांड पर लेकर होगी पूछताछ पुलिस के जांच अधिकारी ने बताया कि आरोपी को कोर्ट में पेश किया जाएगा। जहां से रिमांड पर लेकर आरोपी से नेटवर्क के बारे में पता लगाया जाएगा। आरोपी से यह भी पता किया जाएगा कि वह पहली बार सप्लाई करने आया था या इससे पहले भी यहां पर सप्लाई कर चुका था।
हरियाणा के रोहतक निवासी DANIPS (दिल्ली, अंडमान एंड निकोबार आईलैंड पुलिस सर्विस) राहुल बल्हारा के पिता जयपाल ने अपनी लाइसेंसी पिस्टल से खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। दो दिन पहले हुई इस घटना का सीसीटीवी फुटेज पुलिस के हाथ लगा है। इसमें जयपाल अनाज मंडी में अपनी दुकान नंबर 38A के बाहर कुर्सी पर बैठे दिखाई दे रहे है। पुलिस के मुताबिक, यहां बैठने से पहले वे अनाज मंडी की आढ़ती एसोसिएशन की मीटिंग में शामिल हुए थे। मीटिंग से वे हंसते हुए लौट कर आए थे। इसके बाद दुकान के बाहर बैठकर कुछ सोचने लगे। कुछ देर तक उनके पास कुछ लोग बैठे रहे। मगर, जैसे ही वे लोग उठकर गए, जयपाल ने अपनी जेब वे मोबाइल निकाला और उसे कुछ देर देखा। इसके बाद अचानक उन्होंने अपनी लाइसेंसी पिस्टल निकाली और सिर से सटाकर गोली चला दी। गोली लगने से ही वे खून से लथपथ होकर नीचे गिर पड़े। इसकी सूचना पाकर शिवाजी कॉलोनी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। पुलिस ने शनिवार को शव का पोस्टमॉर्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया। मगर, अभी तक भी जयपाल के सुसाइड करने के पीछे कोई स्प्ष्ट वजह सामने नहीं आई। मामले की सूचना मिलते ही उनके बेटे राहुल बल्हारा रात में दमनदीव से रोहतक लौट आए थे। हर कोई हैरान है कि अचानक ऐसा क्या हुआ, जो जयपाल को सुसाइड जैसा कदम उठाना पड़ा। एक ओर जहां पुलिस इसके पीछे अभी घरेलू विवाद, लेनदेन और साथियों से मनमुटाव जैसी थ्योरी पर जांच कर रही है, वहीं, परिवार अब तक इस मामले में पूरी तरह चुप्पी साधे हुए है। पहले जानिए जयपाल ने कैसे किया सुसाइड, 2 पॉइंट… अब जानिए पुलिस को इस मामले में क्या मिला…. हर कोई हैरान, जयपाल ने सुसाइड जैसा कदम क्यों उठाया… बेटा दो साल पहले ही बना DANIPS, तीन बेटियां भी मृतक जयपाल की 3 बेटियां है, जबकि एक बेटा राहुल बल्हारा है। राहुल बल्हारा का चयन DANIPS (दिल्ली, अंडमान एंड निकोबार आईलैंड पुलिस सर्विस) के लिए हुआ था, जो दमनदीव में तैनात है। जयपाल का परिवार समृद्ध है और किसी से कोई पैसों को लेकर या अन्य कोई विवाद भी नहीं है। फिर आत्महत्या क्यों की, यह सवाल सबके लिए बना हुआ है। जयपाल फोन में क्या देख रहा था, यह बड़ा सवालजयपाल मरने से पहले फोन में क्या देख रहे थे। यह सवाल सबके दिमाग में घूम रहा है। हालांकि आढ़ती एसोसिएशन की बैठक में जयपाल बिल्कुल ठीक था और लोगों से बातचीत करते हुए चाय भी साथ में पी थी। दुकान आने के बाद ऐसा क्या हुआ कि जयपाल ने आत्महत्या कर ली, यह भी बड़ा सवाल है। सीसीटीवी नहीं होता तो आत्महत्या का यकीन नहीं होता आढ़ति एसोसिएशन के पूर्व प्रधान डिंपल बुधवार ने बताया कि अगर दुकान में सीसीटीवी लगा नहीं होता तो किसी को यह यकीन ही नहीं होता कि जयपाल ने सुसाइड किया। क्योंकि सीसीटीवी में खुद को गोली मारते हुए जयपाल दिख रहा है। कुछ देर पहले हंसते हुए जयपाल को अचानक आत्महत्या करने की क्या सुझी, यह समझ नहीं आ रहा। पैसों का लेनदेन नहीं हो सकता आत्महत्या का कारण घटनास्थल के आसपास के दुकानदारों का कहना है कि जयपाल का परिवार साधन संपन्न है। पैसों का कोई लेनदेन आत्महत्या का कारण नहीं हो सकता, क्योंकि जयपाल काफी सरल स्वभाव का था। कोई उसे कुछ कह भी देता तो वह हंस कर टाल दिया करता था। आत्महत्या का असली कारण किसी को नहीं पता। एसएचओ बोले- पुलिस मामले में कर रही जांच शिवाजी कॉलोनी थाना एचएसओ राकेश सैनी ने बताया कि अनाजमंडी में एक सुसाइड की सूचना मिली थी, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है। परिवार के लोगों ने शनिवार को ही उनका अंतिम संस्कार कर दिय। एसएचओ ने बताया कि पुलिस आत्महत्या के कारण का पता लगाने का प्रयास कर रही है। इसके लिए परिजनों के बयान भी लिए गए हैं। ---------------------ये खबर भी पढ़ें... रोहतक में IPS के पिता ने किया सुसाइड:अनाज मंडी में कुर्सी पर बैठै थे, पिस्टल निकाल सिर में मारी गोली; बेटा दमनदीव में तैनात हरियाणा के रोहतक में डीएएन आईपीएस राहुल बल्हारा के पिता जयपाल ने खुद को गोली मारकर सुसाइड कर लिया। शुक्रवार की शाम को वे अनाज मंडी में दुकान के बाहर कुर्सी पर बैठे थे। इस दौरान उन्होंने अपनी लाइसेंसी पिस्टल निकाली और सिर में गोली मार ली। (पूरी खबर पढ़ें)
पूर्णिया में बाइक सवार बदमाशों ने अलग-अलग थाना क्षेत्र में एक महिला और छात्र से झपट्टा मारकर मोबाइल छीन लिया और मौके से फरार हो गए। मोबाइल छिनतई की पहली घटना मरंगा थाना क्षेत्र में हुई। भट्टा बाजार निवासी पूनम गुप्ता टोटो से हरदा जा रही थीं। जब वे मरंगा थाना के सामने से गुजर रही थीं और मोबाइल पर बात कर रही थीं, तभी पीछे से एक बाइक पर सवार 2 युवक टोटो के पास पहुंचे और झपट्टा मारकर उनके हाथ से मोबाइल छीन लिया। इसके बाद दोनों बदमाश हरदा की ओर तेजी से फरार हो गए। घटना के बाद पीड़िता ने मरंगा थाना में आवेदन देकर न्याय की गुहार लगाई है। छात्र के साथ भी छिनतई वहीं, दूसरी घटना जेल चौक के पास हुई। रामबाग का रहने वाला छात्र पैदल फोर्ड कंपनी चौक की ओर जा रहा था। इसी दौरान पीछे से बाइक पर सवार 2 बदमाश आए और उसके हाथ से मोबाइल छीनकर पुलिस लाइन की ओर भाग निकले। पीड़ित ने बदमाशों का कुछ दूर तक पीछा भी किया, लेकिन वे फरार होने में सफल रहे। इस घटना के बाद जेल चौक पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों में बढ़ती मोबाइल छिनतई की घटनाओं को लेकर नाराजगी देखी गई। स्थानीय लोगों ने पुलिस से इलाके में गश्त बढ़ाने और छिनतई करने वाले बदमाशों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है।
जमुई के सोनो थाना क्षेत्र में पुलिस द्वारा चलाए जा रहे 'ऑपरेशन मुस्कान' के तहत एक महत्वपूर्ण कार्रवाई की गई है। इस अभियान के अंतर्गत गुम हुए तीन मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक मालिकों को सौंप दिए गए। यह वितरण सोनो थाना परिसर में थाना अध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार द्वारा संपन्न हुआ। पुलिस के अनुसार, जिन आवेदकों के मोबाइल फोन गुम हुए थे, उनमें केसोफरका निवासी पिंटू कुमार (पिता नागेश्वर मंडल) का मोबाइल 11 सितंबर 2025 को खोया था। चाननतांड निवासी नागेश्वर दास (पिता गुरदयाल दास) का मोबाइल 30 अक्टूबर 2025 को गुम हुआ था। वहीं, भरतपुर निवासी गुड्डू कुमार (पिता शिवन यादव) का मोबाइल 14 फरवरी 2024 को खो गया था। इन तीनों मोबाइल को तकनीकी अनुसंधान और पुलिस की सतर्कता से खोजकर बरामद किया गया। ''लोगों की निजी और महत्वपूर्ण जानकारियां भी जुड़ी होती हैं मोबाइल में'' थाना अध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार ने बताया कि 'ऑपरेशन मुस्कान' का मुख्य उद्देश्य आम नागरिकों की खोई हुई संपत्ति, विशेषकर मोबाइल फोन, को बरामद कर उन्हें उनके मालिकों तक पहुंचाना है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि वर्तमान समय में मोबाइल केवल संपर्क का साधन नहीं है, बल्कि इसमें लोगों की निजी और महत्वपूर्ण जानकारियां भी जुड़ी होती हैं, जिसके गुम होने से आमजन को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। तीनों आवेदकों ने सोनो पुलिस का आभार व्यक्त किया अपने मोबाइल फोन वापस मिलने पर तीनों आवेदकों ने सोनो पुलिस का आभार व्यक्त किया और इस पहल की सराहना की। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि मोबाइल गुम होने की स्थिति में तत्काल नजदीकी थाने में आवेदन दें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके और उन्हें राहत पहुंचाई जा सके।
मुजफ्फरपुर के मोतीझील इलाके में शनिवार दोपहर सेल्स टैक्स (वाणिज्य कर विभाग) की एक विशेष टीम ने कपड़ा शोरूम 'सागर रेडीमेड एक्सक्लूसिव' पर छापेमारी की। जिसके बाद अन्य कपड़ा कारोबारियों ने अपनी दुकानें बंद कर दीं। विभागीय सूत्रों के अनुसार, सेल्स टैक्स विभाग को लंबे समय से शोरूम के टर्नओवर और जमा किए जा रहे टैक्स के आंकड़ों में गबड़ी की शिकायतें मिल रही थीं। आशंका है कि होली के लिए मंगाए गए करोड़ों रुपए के नए स्टॉक में बिना बिल के सामान शामिल है, जिससे सरकार को लाखों रुपए के राजस्व का नुकसान हो रहा है। टीम इन्हीं अनियमितताओं की जांच के लिए शोरूम के दस्तावेजों की पड़ताल कर रही है। अधिकारियों का मानना है कि बिना बिल के माल मंगाकर बड़े पैमाने पर टैक्स चोरी की जा रही थी। दोपहर लगभग 2 बजे शुरू हुई छापेमारी के दौरान, टीम ने शोरूम में प्रवेश करते ही कर्मचारियों के मोबाइल फोन जब्त कर लिए। सुरक्षा और गोपनीयता सुनिश्चित करने के लिए शोरूम के प्रवेश और निकास द्वारों को बंद कर दिया गया। अधिकारी अब कंप्यूटर सिस्टम, बिलिंग मशीन, स्टॉक रजिस्टर और गोदाम में रखे स्टॉक का बारीकी से मिलान कर रहे हैं। शोरूम के ऊपरी तलों पर मौजूद स्टॉक की भी सघन तलाशी ली जा रही है ताकि सभी अनियमितताओं का पता लगाया जा सके। बाकी दुकानों के भी शटर गिरेकार्रवाई की खबर जैसे ही सोशल मीडिया और स्थानीय स्तर पर फैली, कई अन्य बड़े शोरूम संचालक भी अपनी वित्तीय अनियमितताओं के डर से दुकानों के शटर गिराकर निकल गए। व्यापारियों में चर्चा है कि विभाग की रडार पर शहर के कई और बड़े संस्थान भी हो सकते हैं। टैक्स चोरी के आंकड़ें अभी नहीं आए सामनेकरीब तीन घंटे से अधिक समय बीत जाने के बाद भी जांच प्रक्रिया जारी है। टीम के साथ आए अधिकारियों ने अभी तक मीडिया को कोई विस्तृत जानकारी नहीं दी है। उनका कहना है कि स्टॉक और कागजातों का मिलान पूरा होने के बाद ही टैक्स चोरी के वास्तविक आंकड़े सामने आ पाएंगे। संभावना है कि देर शाम तक विभाग इस मामले में कोई आधिकारिक बयान जारी करे।
नूंह में 22 वर्षीय युवती घर से लापता:भाई बोला- पड़ोसी युवक बहला-फुसलाकर ले गया; मोबाइल फोन आ रहा बंद
नूंह जिले के फिरोजपुर झिरका शहर थाना क्षेत्र से 22 वर्षीय युवती के लापता होने का मामला सामने आया है। परिजनों ने पड़ोसी युवक पर युवती को बहला-फुसलाकर ले जाने का आरोप लगाया है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पड़ोसी युवक पर लगाया आरोप लापता युवती के भाई ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि विपिन मंगला नाम का युवक उसकी बहन को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया है। यह घटना फिरोजपुर झिरका शहर में हुई। भाई के अनुसार, युवती के पास मोबाइल फोन था, लेकिन घटना के बाद से उसका फोन बंद आ रहा है, जिससे परिवार के सदस्य बेहद चिंतित हैं। पुलिस ने शुरू की तलाश मामले की जानकारी मिलते ही फिरोजपुर झिरका शहर थाना पुलिस ने तत्काल कार्रवाई की। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 127(6) के तहत मामला दर्ज किया है। जांचकर्ता शिवप्रकाश ने बताया कि युवती की तलाश के लिए पुलिस की टीमें गठित कर दी गई हैं और आसपास के इलाकों में लगातार दबिश दी जा रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही युवती को बरामद कर लिया जाएगा।
गयाजी में डीएम आवास के मुख्य गेट के ठीक सामने स्थित रेड हाउस कंपाउंड, जगजीवन रोड से दिनदहाड़े बाइक चोरी हो गई। पीड़ित नवीन कुमार प्रहलाद स्वीट्स एंड नमकीन के प्रोपराइटर हैं। उन्होंने बताया कि 6 फरवरी को उन्होंने अपनी बाइक घर के बाहर खड़ी की थी। किसी जरूरी काम से मैं महज 5 मिनट के लिए मोबाइल फोन लेने घर के अंदर गया था। जब लौटकर बाहर आए तो बाइक मौके से गायब मिली। पहले तो यकीन नहीं हुआ, लेकिन आसपास तलाश करने के बाद भी जब कुछ पता नहीं चला तो सीसीटीवी फुटेज खंगाली। सीसीटीवी में चोरी की पूरी घटना कैद हो चुकी है, जिसमें एक अज्ञात युवक बाइक लेकर आसानी से फरार होते हुए नजर आ रहा है। फुटेज सामने आने के बाद चोरी की पुष्टि हुई और पीड़ित ने मामले की जानकारी पुलिस को दी। पहले भी इलाके में छिनतई की घटनाएं हो चुकी है नवीन कुमार का कहना है कि यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी इस इलाके में कई बार मोबाइल छिनतई और संदिग्ध गतिविधियों की घटनाएं हो चुकी है।घटना ने न केवल स्थानीय लोगों की चिंता बढ़ा दी है, बल्कि प्रशासनिक दावों की भी पोल खोल दी है। डीएम आवास के सामने से चोरी होना आम नागरिकों की सुरक्षा को लेकर भय पैदा कर रहा है। पीड़ित ने जिला प्रशासन और पुलिस से इलाके में नियमित गश्ती, सीसीटीवी निगरानी मजबूत करने और चोरों की शीघ्र पहचान कर गिरफ्तारी की मांग की है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि अतिसुरक्षित क्षेत्र में ऐसी घटनाएं हो रही हैं तो शहर के अन्य इलाकों की स्थिति का अंदाजा लगाना मुश्किल नहीं है।
राजस्थान में नेताओं-बिजनेसमैन से गैंगस्टर रोहित गोदारा के नाम से फिरौती मांगने के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। गैंगस्टर राजू ठेहट मर्डर के शूटर्स रोहित गोदारा को इनके मोाबइल नंबर पहुंचाते हैं। नंबर के लिए बदमाश लोकल गुर्गों को ऐसे लोगों की रेकी करने का टास्क देते हैं। अजमेर हाई सिक्योरिटी जेल से ये सारा खेल खेला जा रहा है। सीकर की नीमकाथाना पुलिस अब अजमेर जेल में बंद दोनों शूटर को प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार कर लाएगी। वहीं दो गुर्गों को पहले ही गिरफ्तार कर लिया गया है। अब सिलसिलेवार पढ़िए पूरा मामला नेता और खनन कारोबारी से करोड़ों की मांगी थी फिरौती सीकर की नीमकाथाना कोतवाली पुलिस ने रोहित गोदारा गैंग से जुड़े दो बदमाश रघुराज सिंह उर्फ पम्मी (27) निवासी नीमकाथाना और प्रविंद्र सिंह उर्फ सन्नी (20) निवासी बंधा की ढाणी और मनोज साईं को 25 जनवरी को गिरफ्तार किया था। इन दोनों बदमाशों ने अपने तीसरे साथी राहुल रिनाउ के साथ मिलकर राजनेता को कॉल करके कहा कि ‘मैं रोहित गोदारा गैंग से बोल रहा हूं। 5 करोड़ रुपए दे दो नहीं तो आपको और आपके परिवार को जान से मार दूंगा।’ मामले में 25 जनवरी को रघुराज और प्रविंद्र को गिरफ्तार किया था। इनके पास से मोबाइल और गाड़ी भी बरामद की थी। एक बदमाश की गिरफ्तारी बाकी है। नीमकाथाना के खनन कारोबारी से 2 करोड़ की फिरौती मांगने के मामले में 4 फरवरी को प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार किया गया था। दोनों 9 फरवरी तक रिमांड पर है। ठेहट मर्डर केस के शूटर्स के संपर्क में थे पूछताछ में आरोपियों ने कई चौंकाने वाले खुलासे किए। सामने आया कि दोनों बदमाश राजू ठेहट मर्डर मामले में अजमेर हाई सिक्योरिटी जेल में बंद कुलदीप और मनीष बच्चिया के संपर्क में थे। सैटेलाइट एप के जरिए बातचीत करते थे। मनीष और कुलदीप ने इन दोनों से नीमकाथाना इलाके के करोड़पति लोगों की जानकारी मांगी थी। इसके बाद रघुराज और उसके साथियों ने मनीष और कुलदीप तक यह जानकारी पहुंचाई कि कौन कारोबारी कितनी फिरौती दे सकता है। उनके कहने पर नेताओं और बिजनेसमैन के मोबाइल नंबर लेकर उन्हें देते थे। इसके बाद ये नंबर आगे गैंगस्टर रोहित गोदारा तक पहुंचाए जाते थे। गोदारा गैंग की चेन को पकड़ेगी पुलिस पुलिस को अंदेशा है कि इन आरोपियों तक फिरौती की राशि भी पहुंचा दी थी। पुलिस उस फिरौती के पैसे को भी बरामद कर सकती है। ऐसे में पुलिस को फिरौती की राशि गैंगस्टर्स तक पहुंचने की चेन के बारे में पता लग सकता है। संभवतया यह पहला मामला होगा जब पुलिस गैंगस्टर्स की ओर से धमकियां देने के मामले में पूरे गिरोह के वर्क प्रोसेस का पता लगाएगी। सीकर एसपी प्रवीण नायक नूनावत ने बताया- मामले की जांच कर रहे हैं। पूरे गिरोह पर कार्रवाई की जाएगी। --- ये खबर भी पढ़िए- कारोबारी से 5 करोड़ की फिरौती मांगी, 2 गिरफ्तार:रोहित गोदारा गैंग को दोनों गुर्गों ने दिए थे हाई प्रोफाइल लोगों के नंबर सीकर में बिजनेसमैन से 5 करोड़ रुपए की फिरौती मांगने के मामले में पुलिस ने रोहित गोदारा गैंग के 2 गुर्गों को गिरफ्तार किया। (पढ़िए पूरी खबर)
भोपाल के टीला जमालपुरा इलाके में रहने वाले बैंककर्मी ने फांसी लगाकर सुसाइड कर लिया। शनिवार सुबह बॉडी पेड़ पर फांसी के फंदे पर लटकी मिली है। मामले में पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। हिमांशु रायकवार पिता सुनील कुमार रायकवार (28) रेजीमेंट रोड टीला जमालपुरा थाना क्षेत्र का रहने वाला था। शनिवार सुबह परिजनों ने घर के पिछले हिस्से में मूंगे के पेड़ पर फांसी के फंदे पर लटका देखा। जिसके बाद पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पंचनामा कार्रवाई की। बॉडी को पीएम के लिए रवाना किया। मृतक के कपड़ों की तलाशी में कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। पुलिस ने उसके मोबाइल फोन को कब्जे में ले लिया है। जिसकी जांच कराई जा रही है। बैंक में जॉब करता था मृतक एक सरकारी बैंक में आउटसोर्स कर्मचारी था और प्यून की नौकरी करता था। वह मूल रूप से इटारसी का रहने वाला था। बीते पांच सालों से भोपाल में अपनी बुआ के घर रह रहा था। परिजनों ने पुलिस को आत्महत्या के लिए कोई ठोस कारण नहीं बताया। पुलिस का कहना है कि सभी एंगल पर मामले की जांच की जा रही है।
भोपाल के टीला जमालपुरा इलाके में रहने वाले बैंककर्मी ने फांसी लगाकर सुसाइड कर लिया। शनिवार सुबह बॉडी पेड़ पर फांसी के फंदे पर लटकी मिली है। मामले में पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। हिमांशु रायकवार पिता सुनील कुमार रायकवार (28) रेजीमेंट रोड टीला जमालपुरा थाना क्षेत्र का रहने वाला था। शनिवार सुबह परिजनों ने घर के पिछले हिस्से में मूंगे के पेड़ पर फांसी के फंदे पर लटका देखा। जिसके बाद पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पंचनामा कार्रवाई की। बॉडी को पीएम के लिए रवाना किया। मृतक के कपड़ों की तलाशी में कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। पुलिस ने उसके मोबाइल फोन को कब्जे में ले लिया है। जिसकी जांच कराई जा रही है। बैंक में जॉब करता था मृतक एक सरकारी बैंक में आउटसोर्स कर्मचारी था और प्यून की नौकरी करता था। वह मूल रूप से इटारसी का रहने वाला था। बीते पांच सालों से भोपाल में अपनी मौसी के घर रह रहा था। परिजनों ने पुलिस को आत्महत्या के लिए कोई ठोस कारण नहीं बताया। पुलिस का कहना है कि सभी एंगल पर मामले की जांच की जा रही है।
हरदोई पुलिस ने 125 मोबाइल बरामद किए:सर्विलांस सेल ने 25 लाख रुपये के फोन मालिकों को लौटाए
हरदोई पुलिस की सर्विलांस सेल ने पिछले तीन महीनों में 125 गुम हुए मोबाइल फोन बरामद किए हैं। इन स्मार्टफोन्स की अनुमानित कीमत लगभग 25 लाख रुपये है। पुलिस ने सीईआईआर (CEIR) पोर्टल और आधुनिक सर्विलांस तकनीक का उपयोग कर यह सफलता हासिल की। पुलिस कार्यालय में आयोजित एक कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक हरदोई ने इन बरामद मोबाइलों को उनके वास्तविक मालिकों को सौंप दिया। अपने खोए हुए फोन वापस मिलने पर आवेदकों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर संतोष व्यक्त किया। पहले 3 तस्वीरें देखिए… क्षेत्राधिकारी हरियावां, अजीत चौहान ने बताया कि जनपद के विभिन्न थानों में दर्ज गुमशुदगी की शिकायतों पर सर्विलांस सेल लगातार काम कर रही थी। प्रभारी निरीक्षक अब्दुल जब्बार के नेतृत्व में टीम ने तकनीकी विश्लेषण के माध्यम से इन फोनों को ट्रेस किया। चौहान ने आम जनता से अपील की कि मोबाइल खोने पर तत्काल सीईआईआर पोर्टल पर पंजीकरण कराएं, ताकि उसे ब्लॉक किया जा सके और बरामदगी में मदद मिल सके। इस बरामदगी में सर्विलांस प्रभारी अब्दुल जब्बार, मुख्य आरक्षी आकाश कुमार, राजकुमार वर्मा, ओमवीर, नितिन गुप्ता, यादवेन्द्र और उज्जवल की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
उमरिया जिले में साइबर ठगी का एक मामला सामने आया है। राघोपुर स्थित दयाल क्रेशर के संचालक राजकुमार यादव से सीमेंट सप्लाई के नाम पर 1 लाख 47 हजार 200 रुपये की ठगी की गई। रकम खाते में जमा होते ही आरोपी ने अपना मोबाइल फोन बंद कर लिया। सीमेंट की जरूरत, ऑनलाइन तलाश पड़ी भारी पीड़ित राजकुमार यादव ने शनिवार को बताया कि उन्हें ईंट निर्माण के लिए बड़ी मात्रा में सीमेंट की जरूरत थी। इस दौरान उन्होंने मोबाइल पर नॉन-ट्रेड सीमेंट विक्रेताओं की जानकारी खोजी। इसी क्रम में एक व्यक्ति से संपर्क हुआ, जिसने दो दिन के भीतर 640 बोरी सीमेंट सप्लाई करने का भरोसा दिलाया। अग्रिम भुगतान के बाद टूटा संपर्क आरोपी ने सीमेंट सप्लाई से पहले अग्रिम राशि की मांग की। विश्वास में आकर राजकुमार यादव ने बताई गई रकम उसके खाते में ट्रांसफर कर दी। जैसे ही राशि जमा हुई, आरोपी का मोबाइल फोन बंद हो गया। इसके बाद उन्हें ठगी का अहसास हुआ। चंदिया थाने में दर्ज हुई शिकायत घटना के बाद पीड़ित ने चंदिया थाना पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। थाना प्रभारी जे.एस. परस्ते ने बताया कि मामला दर्ज कर लिया गया है और पूरे प्रकरण की जांच की जा रही है। पुलिस साइबर माध्यमों से आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।
राजस्थान के सबसे बड़े रणथंभौर टाइगर रिजर्व समेत कुल चार टाइगर रिजर्व में रील बनाने, वीडियो शूट करने और सेल्फी लेने जैसी गतिविधियों पर रोक लगा दी गई है। यह कदम सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन के तहत उठाया गया है, जिससे वन्यजीवों के प्राकृतिक व्यवहार में कोई बाधा न आए। सफारी के टूरिस्ट और गाइड मोबाइल नहीं ले जा सकेंगे। वन विभाग ने सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का हवाला देते हुए एक आदेश जारी किया है। इसके तहत टाइगर रिजर्व में पोस्टर और फ्लैक्स भी लगा दिए गए हैं। साथ ही गाइड को भी निर्देश दिए है कि वे मोबाइल फोन के रोक संबंधी आदेश के बारे में टूरिस्ट्स को भी अवगत करा दें। पहले पढ़िए- वन विभाग का आदेश जंगल का शांत माहौल प्रभावित न होराजस्थान में फिलहाल चार टाइगर रिजर्व है। इनमें रणथंभौर टाइगर रिजर्व, सरिस्का टाइगर रिजर्व (अलवर), मुकुंदरा हिल्स टाइगर रिजर्व (कोटा) और रामगढ़ विषधारी टाइगर रिजर्व (बूंदी) शामिल हैं। धौलपुर-करौली और कुंभलगढ़ को भी टाइगर रिजर्व बनाने की प्रक्रिया चल रही है, लेकिन ये अभी पूरी नहीं हो पाई है। टाइगर रिजर्व के अधिकारियों का कहना है कि मोबाइल के कारण कई पर्यटक जानवरों के बेहद करीब जाने की कोशिश करते हैं, जिससे जानवर परेशान होते हैं। सफारी गाड़ियां (कैंटर) एक जगह इकट्ठी हो जाती हैं। इससे जंगल का शांत माहौल प्रभावित होता है और वन्यजीवों पर दबाव बढ़ता है। अधिकारियों का कहना है कि यह फैसला वन्यजीवों की सुरक्षा और प्राकृतिक वातावरण को सुरक्षित रखने के उद्देश्य से लिया गया है। नई व्यवस्था के अनुसार, अब कोर टूरिज्म जोन और सफारी रूट्स पर पर्यटक, गाइड, ड्राइवर और नैचुरलिस्ट, किसी को भी मोबाइल फोन इस्तेमाल करने की अनुमति नहीं होगी। नियम टाइगर रिजर्व के सभी सफारी जोन में लागू किया गया है। रणथंभौर में सफारी एंट्री पॉइंट्स पर लगाए फ्लेक्सरणथंभौर टाइगर रिजर्व डीएफओ (पर्यटन) संजीव शर्मा कहते हैं- सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद वन विभाग की ओर से सफारी के दौरान मोबाइल फोन के उपयोग पर रोक लगाई गई है। इसे लेकर वन विभाग ने एक आदेश जारी किया है। वन विभाग की ओर से गाइड एसोसिएशन और रणथंभौर सफारी व्हीकल्स एसोसिएशन के पदाधिकारियों के साथ एक मीटिंग भी की गई है। साथ ही अब गाइडों के साथ सफारी पर जा रहे पर्यटकों को मोबाइल फोन का उपयोग नहीं करने के लिए समझाया जा रहा है। इसके साथ ही वन विभाग ने रणथंभौर टाइगर रिजर्व के सफारी एंट्री पॉइंट्स पर मोबाइल फोन के उपयोग नहीं करने के फ्लेक्स भी लगाए हैं। पर्यटकों की गाड़ियों में एक टूल बॉक्स या बैग लगाने की तैयारी है, जिसमें सफारी से पहले पर्यटकों से उनके मोबाइल लिए जाएंगे। इसके बाद सभी मोबाइल फोन को स्विच ऑफ किया जाएगा। फिर फोन्स को इस टूल बॉक्स या बैग में रख दिया जाएगा। सफारी खत्म होने के बाद गाइड इन मोबाइल फोन को फिर से पर्यटकों को सौंप देंगे। आदेश नहीं मानने पर जुर्माना और एफआईआर तक होगीडीएफओ शर्मा बताते हैं- आदेश का पालन नहीं करने पर वन विभाग की ओर से पर्यटकों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ऐसे पर्यटकों पर पेनल्टी लगाई जाएगी। यह 100 रुपए से लेकर हजारों में हो सकती है। इसी के साथ ऐसे लोगों के खिलाफ वन विभाग एफआईआर भी दर्ज करा सकता है। हालांकि आदेश के तहत सफारी के दौरान सिर्फ मोबाइल फोन पर रोक रहेगी। डिजिटल कैमरे और डीएसएलआर कैमरे बिना किसी चार्ज के ले जा सकेंगे। साथ ही सैलानियों को निर्देश भी दिए गए है कि वे वन्यजीवों के पास नहीं जाएं, अन्यथा कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मुकुंदरा हिल्स टाइगर रिजर्व (कोटा) सीसीएफ सुगनाराम जाट का कहना है- सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद टाइगर रिजर्व के सफारी कोर एरिया में मोबाइल पर प्रतिबंध लागू किया है, जिससे वन्यजीवों को परेशानी नहीं हो। चार महीनों में ढाई लाख से ज्यादा सैलानी आएवन विभाग के अनुसार- अकेले रणथंभौर टाइगर रिजर्व में टूरिज्म सीजन में करीब 2 लाख से ज्यादा पर्यटक आए थे। डीएफओ का कहना कि पीक सीजन यानी अक्टूबर से लेकर दिसंबर तक करीब 2 लाख पर्यटक टाइगर देखने आए थे। जनवरी को भी इसमें जोड़ दिया जाए तो आंकड़ा ढाई लाख से ऊपर पहुंच सकता है। जबकि सरिस्का समेत राजस्थान के अन्य टाइगर रिजर्व को जोड़ा जाए तो कुल आंकड़ा साढ़े चार से 5 लाख होने की संभावना है। बता दें कि राजस्थान में कुल बाघों की संख्या 140 से 160 के बीच है।
भागलपुर के तिलकामांझी इलाके में 12वीं के छात्र ने खुदकुशी कर ली। हॉस्टल के कमरे में फांसी से लटका हुआ शव मिला है। मृतक आदित्य कुमार(20) सन्हौला थाना क्षेत्र के औलापुर गांव रहने वाला था। हॉस्टल में अपने छोटे भाई की साथ रहता था। घटना शुक्रवार देर शाम की है। छोटा भाई बाहर खेलने चला गया। इस दौरान उसने फांसी लगा। कुछ देर बाद भाई कमरे में पहुंचा को वो सन्न रह गया। शोर मचाना शुरू कर दिया। तुरंत स्टाफ मौके पर पहुंचे। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची। फंदे से नीचे उतारकर आदित्य को मायागंज पहुंचाया। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। खुदकुशी का कारण स्पष्ट नहीं जांच के लिए घटनास्थल पर FSL की टीम भी पहुंची। कई अहम साक्ष्य एकत्र किए हैं। पुलिस ने छात्र का मोबाइल जब्त कर लिया है। फिलहाल खुदकुशी का कारण स्पष्ट नहीं है। परिजन भी कुछ नहीं बता रहे हैं। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। सिटी डीएसपी अजय चौधरी ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का प्रतीत होता है, लेकिन सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा। पुलिस हर एंगल से मामले की छानबीन में जुटी हुई है।
लुधियाना में 5 सेकेंड में रुपए डबल करने के ऑनलाइन जुए का खुलासा हुआ है। यहां का रहने वाला व्यक्ति बिग डैडी कैसीनो के नाम से इसे चला रहा था। इसका खुलासा तब हुआ, जब एक व्यक्ति ने DGP को इसकी शिकायत कर दी। जिसके बाद साइबर सैल ने FIR दर्ज कर लिया है। जैसे ही आरोपी को इसकी भनक लगी तो उसने अपने मोबाइल नंबर बंद कर लिए। इसके अलावा टेलीग्राम और वॉट्सऐप चैनलों पर भी पोस्ट डालनी बंद कर दीं। आरोपी का नाम शैलेश दबंग है। वह पैसे डबल करने के वीडियो जारी कर लोगों को अपने झांसे में फंसाता था। फिर लोग जो पैसा लगाते, वह वापस उनके अकाउंट में नहीं आता और आरोपी उसे हड़प कर जाता था। गिरफ्तार कर लिया जाएगा। पहले शैलेश के मेंबर फंसाने की ट्रिक जानिए सोशल मीडिया पर वीडियो अपलोड: आरोपी शैलेश दबंग ने यू ट्यूब, वाट्सएप व टेलीग्राम पर शैलश दबंग, मास्टर माइंड शैलेश व अन्य तरह के चैनल बनाए हैं। उन पर वीडियो अपलोड करके लोगों को पैसे डबल करने का लालच देता है। लालच में आकर लोग उसके चैनल से जुड़ जाते हैं। यू ट्यूब पर सिखाता जीत की गारंटी की ट्रिक: आरोपी ने यू ट्यूब चैनल बनाया है और उस पर इस गेम में पक्का पैसे जीतने की ट्रिक बताता है। उसकी ट्रिक वाले वीडियो में पांच से छह बार पैसे लगाता है और सिर्फ एक बार हारता हुआ दिखाता है, ताकि लोगों को विश्वास हो जाए। मैंबर्स के जरिए दूसरों से संपर्क: शैलेश दबंग से जो भी मैंबर जुड़ते हैं वो उनके जरिए अन्य मैंबर्स को जोड़ता है। अपने मैंबर्स को वीडियो भेजकर उन्हें दूसरे लोगों से संपर्क करने को कहता है। अगर मैंबर अन्य मैंबर्स को जोड़ता है तो उसे VIP स्टेटस मिलने के साथ साथ कुछ इंसेंटिव व उसके नीचे जो मैंबर जुड़ते, उनकी कमीशन भी देता है। मैंबर्स को टेलीग्राम व वाट्सएप कम्युनिटी में जोड़ता: आरोपी ने टेलीग्राम पर अलग अलग नाम से AI प्रेडिक्शन के नाम से एक चैनल बनाया है। जबकि वाट्सएप पर शैलेश दबंग टीम के नाम से एक कम्युनिटी चैनल बनाया है। टेलीग्राम चैनल पर 4,977 सब्सक्राइबर हैं। ऑनलाइन कैसीनो कैसे खिलाता शैलेश दबंग… पुलिस तक कैसे पहुंचा मामला3 फरवरी 2024 को सोशल मीडिया (X) पर एक पोस्ट की गई। जिसमें लिखा था कि लुधियाना निवासी शैलेश नामक व्यक्ति कथित तौर पर 'बिग डैडी कैसीनो' नाम से एक ऑनलाइन जुआ प्लेटफॉर्म चला रहा था। जिसमें वह अपने मोबाइल नंबरों का इस्तेमाल कर रहा था। वह @Shaileshdabng टेलीग्राम अकाउंट के जरिए लोगों को अपने ऑनलाइन जुआ ग्रुप में शामिल होने के लिए लुभा रहा था और प्रोत्साहित कर रहा था। यह पोस्ट पंजाब के डीजीपी को भी टैग की गई थी। डीजीपी ने साइबर सेल को इस मामले में एफआईआर दर्ज करके जांच करने को कहा है। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर दी लेकिन अभी तक आरोपी के बारे में कोई जानकारी नहीं मिली है। ACP बोले- ये सिर्फ ठगी का जरिया, आरोपी को ट्रेस कर रहेएसीपी मुराद जसबीर सिंह गिल का कहना है कि आरोपी शैलेश दबंग के खिलाफ मामला दर्ज कर दिया है। उसको ट्रेस करने के लिए टीमें काम कर रही हैं। जल्दी ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि इन दिनों सोशल साइट्स के जरिए बैट एप्स का प्रचार किया जा रहा है और लोगों को ऑनलाइन कैसिनों के लिए अट्रेक्ट किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ऐसे बैट एप्स की जांच की जा रही है। उन्होंने लोगों से अपील की है इनसे दूर रहें यह सिर्फ ठगी का साधन हैं।
केंद्रीय जेल में मोबाइल पहुंचने के मामलों में दो हवालातियों पर पर्चा
लुधियाना| केंद्रीय जेल में बंद हवालातियों तक मोबाइल पहुंचने के दो अलग-अलग मामले सामने आए हैं। हवालातियों के पास से मोबाइल फोन, बैटरी और डाटा केबल बरामद होने के बाद पुलिस ने अलग-अलग मुकदमे दर्ज किए हैं। पहले मामले में जेल के वार्ड-4 की बैरक नंबर-6 में तलाशी के दौरान हवालाती कंवलप्रीत सिंह के पास से एक कीपैड मोबाइल फोन और एक डाटा केबल बरामद हुई। दूसरे मामले में वार्ड नंबर-3 की बैरक नंबर-4 में तलाशी के दौरान हवालाती रणजीत सिंह के पास से दो कीपैड मोबाइल फोन और एक मोबाइल बैटरी बरामद की गई। बरामद मोबाइल में सिम कार्ड भी लगे हुए थे, जबकि एक मोबाइल का IMEI नंबर मिटा हुआ पाया गया। रणजीत सिंह हत्या समेत गंभीर धाराओं के एक मामले में जेल में बंद है।
टॉयलेट में मोबाइल इस्तेमाल करने की आदत बिगाड़ देगी सेहत, शरीर बन जाएगा बीमारियों का घर
हाई टेक्नोलॉजी की दुनिया में लोगों के लिए मोबाइल से 5 मिनट भी दूर रह पाना मुश्किल है। रील देखने और सोशल मीडिया चलाने की लत इतनी ज्यादा लग चुकी है कि लोग टॉयलेट में भी मोबाइल को अपने साथ लेकर जाते हैं और जरूरत से ज्यादा समय वही बिता देते हैं।
महिलाओं के मोबाइल पर बैन : जब चौपाल संविधान से ऊपर बैठ जाए
राजस्थान के जालोर जिले के जसवंतपुरा क्षेत्र के गाजीपुरा गांव में आयोजित एक सामाजिक पंचायत के पंच-पटेलों ने महिलाओं और बेटियों के लिए कैमरा युक्त मोबाइल फोन के उपयोग पर प्रतिबंध लगा दिया। महिलाएं मोबाइल फोन को सार्वजनिक समारोहों के साथ-साथ पड़ोसियों के घर जाने के दौरान भी नहीं ले जा सकेंगी। यह पाबंदी किसी ... Read more
'कल्कि 2898 AD' के ट्रेलर रिलीज के वक्त मोबाइल फेंकने जा रहे थे अमिताभ बच्चन, खुद बताया पूरा किस्सा
बॉलीवुड फिल्मों के जाने माने मशहूर अभिनेता अमिताभ बच्चन वैसे तो अक्सर ही खबरों में बने रहते हैं. लेकिन इस बार उनके क्रेज का कारण उनका जबरदस्त एक्शन अवतार है. हिंदी फिल्मों के एंग्री यंगमैन कहे जाने वाले अमिताभ बच्चन अपनी नई फिल्म 'कल्कि 2898 AD' के ट्रेलर में एक विस्फोटक एक्शन अवतार में दिखाई दे रहे हैं. निर्देशक नाग अश्विन की इस पैन इंडिया फिल्म में कई लोगों को अमिताभ का एक्शन अवतार, फिल्म के हीरो प्रभास से भी अधिक दमदार लग रहा है. लेकिन इस ऑनस्क्रीन एक्शन अवतार का प्रभाव शायद बच्चन साहब को रियलिटी में भी फील होने लगा है. इधर 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर रिलीज हुआ तथा उधर अमिताभ बच्चन अपने फोन से इतने नाराज हो गए कि उसे तोड़ने की बात कह गए. अपने ब्लॉग पर 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर साझा करते हुए बताया कि वो अपने मोबाइल से फ्रस्ट्रेट हो गए हैं. उन्होंने ब्लॉग पोस्ट में लिखा, 'अपना फोन ठीक करने की बड़ी कोशिश कर रहा हूं... पहले से जो सेट था, अचानक बदल गया. तो हर तरफ से मदद लेने का प्रयास कर लिया, लेकिन नाकाम रहा... बहुत फ्रस्ट्रेटिंग है ये... चाह रहा था कि इंग्लिश और हिंदी टाइपिंग, दोनों हों. इंग्लिश में एक हिंदी वर्ड लिखूं और वो देवनागरी में आ जाए... मगर कई घंटे लिंक्स और एक्स्पेरिमेंट्स फॉलो करने के बाद, अब मैं खिड़की से बाहर फेंककर अपना फोन तोड़ डालने के बहुत करीब हूं.' कुछ देर पश्चात् बच्चन साहब ने साफ किया कि वो सच में अपना मोबाइल नहीं फेंकने जा रहे, बस गुस्सा जाहिर कर रहे हैं. उन्होंने लिखा, 'नहीं नहीं नहीं... ऐसी किस्मत कहां... बस गुस्सा निकाल रहा हूं.' अपने ब्लॉग पोस्ट में अमिताभ ने ये भी कहा कि 'कल्कि 2898 AD' एवं 'Section 84 IPC' के पश्चात्, वो समझ नहीं पा रहे कि अगला प्रोजेक्ट क्या चुनना है. उन्होंने लिखा कि आज एक अभिनेता के पास 'मैनेजमेंट एक्सपर्ट्स से लेकर एजेंट्स तक' इतने सारे लोग होते हैं, ये बताने के लिए कि मार्किट में किस प्रकार का कंटेंट चल रहा है तथा सिनेमा लवर्स क्या पसंद कर रहे हैं, क्या नहीं. मगर उनके दौर में ऐसा कुछ नहीं था. अमिताभ ने कहा, 'हम सिर्फ अगली जॉब का मौका खोज रहे होते थे, जिससे हम घर चलाने की, नौकरी बनाए रखने की शर्त पूरी कर सकें. अब बात अलग हो गई है. नई जेनरेशन इस तरह सोचती है, ऐसे चलती है कि... मैं बाद एक काम खोजूंगा और उम्मीद करूंगा कि काम मिले और बस मेरा 'किचन चलता रहे.' अमिताभ बच्चन की अगली फिल्म 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर सोमवार शाम को रिलीज हुआ है. इस फिल्म में अमिताभ, अश्वत्थामा का माइथोलॉजी बेस्ड भूमिका निभा रहे हैं तथा ट्रेलर में जनता उनके किरदार और काम को बहुत पसंद कर रही है. 'ये मेरी चॉइस है, मेरे मां-बाप…', जहीर इकबाल संग शादी पर आई सोनाक्षी सिन्हा की प्रतिक्रिया शूटिंग से 4 दिन पहले डायरेक्टर ने किया एक्ट्रेस को फिल्म से बाहर, सालों बाद खुद किया चौंकाने वाला खुलासा सैलरी पर हो रही चर्चा को लेकर आई 'पंचायत' के सचिव जी की प्रतिक्रिया, जानिए क्या कहा?
तमन्ना भाटिया को महाराष्ट्र साइबर सेल द्वारा आईपीएल मैचों की अवैध स्ट्रीमिंग में उनकी कथित संलिप्तता के संबंध में पूछताछ के लिए बुलाया गया है। उनसे 29 अप्रैल को पूछताछ के लिए पेश होने की उम्मीद है। संजय दत्त भी इस मामले से जुड़े थे, लेकिन अपनी पूर्व प्रतिबद्धताओं के कारण, वह 23 अप्रैल को पूछताछ सत्र में शामिल नहीं हो सके। इसके बजाय, उन्होंने अपना बयान दर्ज करने के लिए एक अलग तारीख की मांग की। फेयरप्ले, जो महादेव ऑनलाइन गेमिंग ऐप की सहायक कंपनी है, को क्रिकेट, पोकर, कार्ड गेम्स और टेनिस जैसी विभिन्न लाइव गेम्स पर अवैध सट्टेबाजी से जोड़ा गया है। पिछले साल यह ऐप सुर्खियों में आया जब रणबीर कपूर और श्रद्धा कपूर जैसे अभिनेताओं, जिन्होंने इस ऐप का प्रचार किया, को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा पूछताछ के लिए बुलाया गया। महादेव ऑनलाइन सट्टेबाजी ऐप दुबई से संचालित होता है, जिसे भिलाई, छत्तीसगढ़ के रहने वाले सौरभ चंद्राकर और रवि उप्पल चलाते हैं। उन्होंने नए ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए नई वेबसाइटें और चैट समूह बनाकर विभिन्न रणनीतियों का उपयोग किया और सामाजिक मीडिया प्लेटफॉर्म पर भुगतान किए गए विज्ञापनों के माध्यम से लोगों को आकर्षित किया। ईडी एक साल से अधिक समय से महादेव ऐप से जुड़ी मनी लॉन्ड्रिंग के मामले की जांच कर रही है, जिसमें छत्तीसगढ़ के विभिन्न हाई प्रोफ़ाइल राजनेता और अधिकारियों के शामिल होने का आरोप लगाया गया है। भीड़ में पापा अमिताभ को सँभालते नजर आए अभिषेक बच्चन, फैंस कर रहे तारीफ इतनी छोटी स्कर्ट पहनकर इवेंट में पहुंच गई ऋतिक रोशन की Ex वाइफ, हुई Oops मोमेंट का शिकार ऐश्वर्या राय संग इंटीमेट सीन पर बोले रणबीर कपूर- 'हाथ कांप रहे थे फिर...'

