60 लाख के 106 गुम मोबाइल बरामद:CEIR पोर्टल से ट्रेस कर मालिकों को लौटाए गए फोन
हनुमानगढ़ में चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन साइबर’ के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। जिला पुलिस अधीक्षक नरेंद्र सिंह मीना ने बताया कि पुलिस टीम ने सीईआईआर (CEIR) पोर्टल की मदद से गुम हुए और चोरी हुए 106 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। इन मोबाइलों की कुल अनुमानित कीमत लगभग 60 लाख रुपए है, जिन्हें उनके मालिकों को वापस सौंप दिया गया है। एसपी मीना ने जानकारी दी कि जिले में साइबर अपराधों, चोरी और गुमशुदा मोबाइल के मामलों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। इसी क्रम में हनुमानगढ़ टाउन पुलिस थाना की टीम ने तकनीकी विश्लेषण और CEIR पोर्टल का उपयोग कर विभिन्न स्थानों से इन मोबाइल फोनों को ट्रेस कर बरामद किया। बरामद किए गए मोबाइलों में आईफोन, वन प्लस, वीवो, रियलमी और ओप्पो जैसी कंपनियों के स्मार्टफोन शामिल हैं, जिनकी कीमत 25 हजार से 70 हजार रुपए तक है। एसपी ने बताया कि गुम या चोरी हुए मोबाइल फोन की तुरंत रिपोर्ट दर्ज कराना अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसके बाद CEIR पोर्टल पर जाकर मोबाइल के आईएमईआई नंबर को ब्लॉक करवाने से उसके दुरुपयोग को रोका जा सकता है और उसे ट्रेस करना भी आसान हो जाता है। उन्होंने यह भी बताया कि चोरी या गुम हुए फोन का उपयोग अक्सर आपराधिक और असामाजिक गतिविधियों में किया जाता है। एसपी मीना ने आमजन से अपील की कि मोबाइल खरीदते समय उसका बिल अवश्य लें। बिना बिल के मोबाइल खरीदना जोखिम भरा हो सकता है, क्योंकि वह चोरी का भी हो सकता है और ऐसी स्थिति में कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने कहा कि जिले में इस तरह के अभियान भविष्य में भी लगातार जारी रहेंगे, जिससे आमजन को राहत मिल सके। इसके अतिरिक्त, साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए भी पुलिस की कार्रवाई जारी रहेगी।
फरीदकोट की केंद्रीय मॉडर्न जेल में तलाशी के दौरान 5 टच स्क्रीन मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। इस मामले में जेल प्रशासन की शिकायत के बाद थाना सिटी पुलिस ने 5 हवालातियों के खिलाफ जेल एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस को भेजी शिकायत में जेल के सहायक अधीक्षक गुरमेल सिंह ने बताया कि जेल अधीक्षक के दिशा-निर्देशों पर जेल टीम द्वारा समय-समय पर विभिन्न बैरकों का औचक निरीक्षण किया जाता है। इसी के तहत रविवार रात अलग-अलग बैरकों की तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान हवालातियों से फोन बरामद तलाशी के दौरान बैरकों में बंद हवालाती फिरोजपुर निवासी कुलवंत सिंह, फाजिल्का के बल्लुआना निवासी राजवीर सिंह, फिरोजपुर निवासी जरनैल सिंह, फाजिल्का निवासी सुखविंदर सिंह और राजस्थान के श्रीगंगानगर निवासी सुखविंदर सिंह उर्फ सोनू के पास से एक-एक टच स्क्रीन मोबाइल फोन बरामद किया गया। जेल एक्ट के तहत केस दर्ज इस शिकायत पर थाना सिटी पुलिस ने 5 हवालातियों के खिलाफ जेल एक्ट के तहत केस दर्ज कर लिया है। इस संबंध में डीएसपी तरलोचन सिंह ने बताया कि इस मामले में अब नामजद हवालातियों को प्रोडक्शन वारंट पर लाकर पूछताछ की जाएगी, ताकि यह पता लगाया जा सके कि जेल के अंदर मोबाइल फोन कैसे पहुंचे। उन्होंने कहा कि यदि जांच में किसी जेल अधिकारी या कर्मचारी की संलिप्तता सामने आती है, तो उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
भंवरकुआं थाना क्षेत्र में ट्रांसपोर्ट से भेजे गए माल के गबन का मामला सामने आया है। पालदा से बेंगलुरु भेजा गया सामान तय समय पर नहीं पहुंचा। ड्राइवर पहले बहाने बनाता रहा, फिर मोबाइल बंद कर गायब हो गया। पुलिस ने केस दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है। पुलिस के मुताबिक आगरा निवासी यतिन गंभीर ने शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि पालदा स्थित वैदांत ऑर्गेनिक्स से 19 मार्च 2026 को ट्रक नंबर RJ09GE6547 में माल लोड कर बेंगलुरु भेजा गया था। यह माल बिग बास्केट (पपार्स ट्रेडिंग कंपनी) को 22 मार्च तक पहुंचना तय था। पहले कहा- रास्ते में हूं, फिर फोन बंदट्रक चालक देवेंद्र कुमार अहिरवार (निवासी अशोकनगर) ने तय समय पर डिलीवरी नहीं की। पूछने पर उसने एक दिन की देरी बताते हुए रास्ते में होने की बात कही, लेकिन इसके बाद उसका मोबाइल बंद हो गया। जब लगातार संपर्क नहीं हो सका तो मैनेजर दीपक ने बेंगलुरु की कंपनी और एजेंट से बात की। वहां माल नहीं पहुंचने की पुष्टि हुई, जिसके बाद भंवरकुआं थाने में शिकायत की गई। पुलिस बोली- जल्द पकड़ेंगे आरोपीपुलिस ने आरोपी ड्राइवर के खिलाफ गबन का केस दर्ज कर लिया है। उसकी तलाश की जा रही है और जल्द गिरफ्तारी का दावा किया जा रहा है।
सिंगरौली जिले के बैढ़न कोतवाली थाना क्षेत्र में मोबाइल छिनैती के मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। महिला से छीना गया मोबाइल फोन भी बरामद कर लिया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया है। घटना रविवार को अटल बिहारी सामुदायिक भवन, बिलौजी के पास हुई थी। जानकारी के अनुसार, तीन बाइक सवार युवकों ने एक महिला से मोबाइल छीन लिया था और मौके से फरार हो गए थे। स्थानीय लोगों ने दो आरोपियों को पुलिस को सौंपा घटना के तुरंत बाद, स्थानीय लोगों ने दो आरोपियों को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया था। हालांकि, एक आरोपी उस समय फरार होने में सफल रहा था। पुलिस ने सूचना मिलने के बाद तत्काल मामला दर्ज कर फरार आरोपी सहित सभी की तलाश शुरू की। त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम ने फरार आरोपी को भी पकड़ लिया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से छीना गया मोबाइल फोन और वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक भी जब्त कर ली है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया है। टीआई ने शिकायत के बाद कार्रवाई की थाना प्रभारी अशोक सिंह परिहार ने बताया कि महिला की शिकायत पर एफआईआर दर्ज कर तुरंत कार्रवाई की गई थी। उन्होंने यह भी कहा कि क्षेत्र में अपराधों पर नियंत्रण के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है और ऐसे मामलों में कड़ी कार्रवाई की जाएगी। बैढन थाना प्रभारी अशोक सिंह परिहार ने बताया कि तीसरे आरोपी का फोटो इसलिए नहीं है क्योंकि मोबाइल छीन के भागते वक्त जो एक्सीडेंट हुआ था उसके बाद उसे आरोपी का पैर टूट गया था। पुलिस ने उसे नोटिस देकर के छोड़ दिया है बाकी अन्य दो आरोपियों को गिरफ्तार करके जेल भेजा जा रहा है
डीग जिले में साइबर ठगी के एक मामले में BLO के सहायक की गिरफ्तारी ने नया विवाद खड़ा कर दिया है। जहां पुलिस कार्रवाई को सही ठहरा रही है, वहीं आरोपी के पिता (सरकारी टीचर) इसे झूठा मामला बताते हुए बेटे को बेगुनाह बता रहे हैं। गोपालगढ़ से युवक को उठाकर किया गिरफ्तार डीग जिले के गोपालगढ़ इलाके में रहने वाले सरकारी टीचर हकमदीन ने एसपी को शिकायत देकर बताया - 17 मार्च को थाना अधिकारी मनीष शर्मा उनके घर पहुंचे और उनके बेटे मोहम्मद समीम को जबरन उठाकर ले गए। इसके बाद उसके खिलाफ साइबर ठगी का मामला दर्ज कर थाने में बंद कर दिया गया। BLO के सहायक के रूप में करता था काम हकमदीन ने बताया - वह जोतसदरुद्दीन गांव के सरकारी स्कूल में टीचर हैं और उनका बेटा मोहम्मद समीम उनके साथ BLO (बूथ लेवल ऑफिसर) के सहायक के रूप में कार्य करता है। उनके अनुसार, बेटे के मोबाइल में SIR (Special Intensive Revision) से संबंधित दस्तावेज मौजूद थे, जो उसके सरकारी कार्य से जुड़े हुए थे। 2 लाख रुपए मांगने का आरोप शिकायत में हकमदीन ने यह भी आरोप लगाया - जब उन्हें बेटे की गिरफ्तारी की जानकारी मिली, तो वह ग्रामीणों के साथ थाने पहुंचे। वहां SHO ने 3-4 दिन में जांच के बाद छोड़ने की बात कही। इसी दौरान कुछ पुलिसकर्मियों ने बेटे को छोड़ने के बदले 2 लाख रुपए की मांग की। हकमदीन का कहना है कि उन्होंने पैसे देने से इनकार कर दिया, क्योंकि उनका बेटा निर्दोष है। कोर्ट में पेश कर भेजा जेल, झूठे सबूत का आरोप हकमदीन के अनुसार, पैसे नहीं देने के बाद पुलिस ने मोहम्मद समीम को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने उसके खिलाफ झूठे सबूत पेश किए, जबकि उसके मोबाइल में मौजूद दस्तावेज सरकारी कार्य से संबंधित थे। एसपी से शिकायत के बाद भी नहीं हुई सुनवाई हकमदीन ने मामले की शिकायत एसपी से भी की, लेकिन उनका आरोप है कि अब तक उनकी कोई सुनवाई नहीं हुई है। वे लगातार अधिकारियों के चक्कर काट रहे हैं और अपने बेटे को न्याय दिलाने की मांग कर रहे हैं।
छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में 1800 रुपए के लिए दो युवकों ने अपने ही दोस्त की जान ले ली। आरोप है कि राहुल कुर्मी (25) ने युवक के मोबाइल का फेस पासवर्ड बदल दिया था और जेब से पैसे निकाले थे। जिसके बाद नाराज नारायण यादव ने कपड़े से उसका गला घोंट दिया। मामला मालखरौदा थाना क्षेत्र का है। गला घोंटने के बाद भी जब राहुल की सांस चल रही थी, तो इंद्रकुमार गबेल ने सिर पर ईंट मारकर उसे मौत के घाट उतारा। 28 मार्च की शाम घर के पास ही राहुल की लाश मिली। मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मर्डर से जुड़ी ये 3 तस्वीरें देखिए… पैसों को लेकर विवाद के बाद गला घोंटा 28 मार्च की शाम करीब 4 बजे बंदोरा गांव में राहुल कुर्मी (25) के घर के पास इंद्र कुमार गबेल (35) और नारायण यादव (20) पहुंचे। इंद्र कुमार ने राहुल से अपने 1800 रुपए वापस मांगे। साथ ही, मोबाइल का फेसलॉक जिसे राहुल ने बदल दिया था, उसे बताने के लिए कहा। नारायण यादव ने भाई के मोबाइल चोरी की बात कही। इसी बात को लेकर दोनों का राहुल के साथ विवाद हो गया। इसी बीच विवाद इतना बढ़ गया कि गुस्से में इंद्र कुमार और नारायण ने मिलकर राहुल का कपड़े से देर तक गला घोंटे रखा। इसके बाद भी जब राहुल छटपटा रहा था तो ईंट से सिर और चेहरे पर वार कर उसकी हत्या कर दी। मजदूर खोजने के लिए गया था राहुल जानकारी के अनुसार, ग्राम बंदोरा निवासी विनोद वर्मा (42) ने मालखरौदा थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि उनका भतीजा राहुल कुर्मी (25) “राहुल ऑटो” नाम से धुलाई मशीन सेंटर चलाता था। 28 मार्च की सुबह लगभग 7 बजे राहुल फ्लाई ऐश में मजदूर खोजने के लिए गया था। इसी दौरान, गांव के हरिहर यादव के घर के पास बैठे विनोद को राहुल के दोस्त रवि साहू (नगर पंचायत अड़भार) ने बताया कि राहुल की घर के बगल में किसी ने हत्या कर दी है। जब विनोद मौके पर पहुंचे, तो उनका भतीजा घर के पास मृत पड़ा था। शव के गले को दबाने, सिर और चेहरे पर ईंट से चोट के निशान थे। दोनों दोस्तों को हिरासत में लेकर की पूछताछ सूचना पर पुलिस टीम घटना स्थल पर पहुंची। जांच के बाद टीम ने संदेह के आधार पर राहुल के दोनों दोस्त इंद्र और नारायण के घर दबिश दी और दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ में आरोपी इंद्र कुमार गबेल ने बताया कि राहुल ने उसके पॉकेट से 1800 रुपए निकाल लिए थे। इसके साथ ही उसके मोबाइल का पासवर्ड भी बदल दिया था। वहीं नारायण यादव को शक था कि उसके भाई का मोबाइल भी इसी ने चुराया है। अपराध करने की बात स्वीकार करने और सबूत मिलने के बाद, आरोपियों को 29 मार्च गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। ............................... क्राइम से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें... रायपुर में शराब पार्टी में दोस्त को चाकू से काट-डाला,VIDEO:वर्चस्व की लड़ाई में विवाद, 5 युवकों ने घेरकर मारा; एक की हालत गंभीर रायपुर में देर रात शराब पार्टी के दौरान दोस्तों के बीच हुई चाकूबाजी में एक युवक की मौत हो गई, जबकि उसका साथी गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल का अस्पताल में इलाज जारी है। मामला तेलीबांधा थाना क्षेत्र का है। पढ़ें पूरी खबर...
10 मिनट में मोबाइल दुकान पर चोरी, लाखों का सामान उड़ाया
फोकल पॉइंट फेज-7 की दुर्गा कॉलोनी में शनिवार देर रात बेखौफ बदमाशों ने एक मोबाइल दुकान को निशाना बनाते हुए महज 10 मिनट में शटर तोड़कर चोरी की वारदात को अंजाम दे दिया। आरोपी दुकान से कीमती सामान और नकदी समेटकर फरार हो गए। पूरी घटना सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई। पीड़ित दुकानदार राम आशीष निवासी दुर्गा कॉलोनी ने बताया कि उनकी साहू टेलीकॉम नाम से दुकान है, रात करीब 2:30 बजे से 2:40 बजे के बीच दो युवक दुकान के बाहर पहुंचे। कुछ देर रेकी करने के बाद उन्होंने शटर तोड़ दिया। फिर अंदर घुसकर करीब 30 एयरबड्स, 3 हजार रुपए की नकदी, एक एलईडी और पंखा चोरी कर लिया। वारदात के बाद पास में रहने वाले दो युवक जब वहां से गुजरे तो उन्होंने दुकान का शटर टूटा देखा और तुरंत दुकानदार को सूचना दी। मौके पर पहुंचे राम आशीष ने देखा कि दुकान के अंदर सामान बिखरा पड़ा था। और चोरी हो चुकी थी। जिसके बाद उन्होंने पुलिस चौकी ढंडारी कलां में शिकायत दी।
जेल के अंदर से मोबाइल और 22 ग्राम नशीला पदार्थ बरामद , हवालाती काबू
सेंट्रल जेल लुधियाना में तलाशी के दौरान एक हवालाती के पास से नशीला पदार्थ और मोबाइल फोन बरामद होने का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार सहायक सुपरिंटेंडेंट ऋषभ गोयल की शिकायत पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए हवालाती जसकरण कुमार (पुत्र धर्मचंद) के खिलाफ केस दर्ज किया है। जांच अधिकारी दिनेश कुमार ने बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर जेल के भीतर तलाशी अभियान चलाया गया। इस दौरान आरोपी के पास से 22 ग्राम नशीला पदार्थ और एक कीपैड मोबाइल बरामद हुआ। पुलिस के मुताबिक आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट और प्रिजन एक्ट की धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी गई है।
APK फाइल से मोबाइल हैक, 4.43 लाख की ठगी:बुरहानपुर साइबर सेल ने 99 हजार रुपए वापस दिलाए
बुरहानपुर साइबर सेल ने ऑनलाइन धोखाधड़ी के एक मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए रविवार को पीड़ित के बैंक खाते से निकाले गए ₹99,664 वापस दिलवाए हैं। पीड़ित के खाते से कुल ₹4,43,348 की धोखाधड़ी हुई थी, जो एक एपीके फाइल डाउनलोड करने के बाद हुई थी। लेबर कॉलोनी निवासी विजय भंगाले ने लालबाग थाने में इस संबंध में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि एक एपीके फाइल डाउनलोड करने के बाद उनका मोबाइल हैक कर लिया गया था। अज्ञात धोखेबाज ने ओटीपी प्राप्त कर यूपीआई लेनदेन के जरिए उनके खाते से ₹4,43,348 निकाल लिए थे। राशि बैंक खाते में जमा कर दी गई धोखाधड़ी का पता चलते ही पीड़ित विजय भंगाले ने तुरंत लालबाग थाने में संपर्क किया। थाना लालबाग के साइबर हेल्प डेस्क के आरक्षक दीपांशु पटेल ने शिकायत को गंभीरता से लेते हुए तत्काल नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) पर वित्तीय धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज की। आरक्षक दीपांशु पटेल के साथ, आरक्षक दुर्गेश पटेल, सत्यपाल बोपचे, ललित चौहान और शक्तिसिंह तोमर की टीम ने विभिन्न बैंकों से लगातार समन्वय स्थापित किया। टीम के त्वरित और प्रभावी प्रयासों के परिणामस्वरूप, धोखाधड़ी की गई राशि में से ₹99,664 को सफलतापूर्वक होल्ड कर लिया गया। सभी विधिक और तकनीकी प्रक्रियाएं पूरी करने के बाद, यह राशि सुरक्षित रूप से पीड़ित विजय भंगाले के बैंक खाते में वापस जमा कर दी गई है। पुलिस अधीक्षक देवेंद्र पाटीदार ने साइबर सेल टीम और साइबर हेल्प डेस्क लालबाग के आरक्षक दीपांशु पटेल के उत्कृष्ट कार्य की सराहना की। उन्होंने इस प्रकरण के निराकरण में उनके महत्वपूर्ण योगदान के लिए बधाई दी। पुलिस की आमजन से अपीलपुलिस ने आमजन के लिए साइबर सुरक्षा संबंधी महत्वपूर्ण सलाह भी जारी की है, ताकि ऐसी धोखाधड़ी से बचा जा सके। इनमें किसी भी संदिग्ध ईमेल, लिंक, एपीके फाइल या ऐप पर क्लिक न करने, अपनी बैंकिंग जानकारी, ओटीपी, पासवर्ड या यूपीआई पिन किसी को न देने, केवल आधिकारिक कस्टमर केयर नंबरों से संपर्क करने और हाई रिटर्न इन्वेस्टमेंट ऑफर (जैसे फॉरेक्स ट्रेडिंग, क्रिप्टो ट्रेडिंग) से सावधान रहने की सलाह शामिल है। यदि कोई ऑनलाइन धोखाधड़ी हो जाए, तो तुरंत 1930 पर कॉल करें या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं या नजदीकी थाने/साइबर सेल पर शिकायत दर्ज कराएं। पुलिस ने बताया कि 'फर्स्ट आवर इज गोल्डन आवर' के तहत तुरंत शिकायत करने से राशि की रिकवरी की संभावना बढ़ जाती है।
टोंक जिला स्पेशल टीम ने अलीगढ़ और सोप थाना क्षेत्र में दो अलग-अलग ठिकानों पर छापामार कार्रवाई कर सट्टा पर्ची पर संचालित जुआ खेलते आठ लोगों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से 56 हजार 780 रुपए और मौके पर मिली सट्टा हिसाब डायरी में 22 लाख के जुए का हिसाब, मोबाइल और टीवी आदि बरामद किया है। जिला स्पेशल टीम प्रभारी ओमप्रकाश चौधरी ने बताया कि एसपी राजेश कुमार मीना के निर्देश पर जिले में अपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए इस तरह की कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने बताया कि अलीगढ़ थाना क्षेत्र के पचाला में डीएसटी द्वारा छापामार कार्रवाई करते हुए दो व्यक्तियों को सट्टा पर्ची पर जुआ खिलाते हुए मौके से गिरफ्तार किया गया। उनके कब्जे से 47 हजार 500 कैश और मौके से बरामद डायरी में कुल 6 लाख का हिसाब मिला। दोनों आरोपी पचाला निवासी सीताराम पुत्र हनुमान मीणा, इकबाल पुत्र शहाबुद्दीन खान को गिरफ्तार किया है। डायरी में मिला 16 लाख रुपए का हिसाबसोप थाना इलाके में कोटडी मोड पर DST द्वारा छापामार कर 6 व्यक्तियों के कब्जे से 9 हजार 200 जुआ राशि जब्त की है। मौके से मिली डायरिया में कुल 16 लाख रुपए का हिसाब किताब मिला है। टीम ने 6 आरोपी कोटा के सुभाष नगर निवासी नंदकिशोर (60) पुत्र बजरंग लाल, गोविंद नगर कोटा निवासी यासीन (42)पुत्र गुना खान, टोंक जिले के रोशनपुरा निवासी धारा सिंह (28) पुत्र रामराज, सोप थाना क्षेत्र के सेदरिया निवासी प्रकाश (45) पुत्र कल्याण बैरवा, मोहम्मदपुर टोंक निवासी चेतन (28) पुत्र रामदेव मीणा, रोशनपुरा निवासी देशराज (35) पुत्र रामधन मीणा को गिरफ्तार किया है।
सुल्तानपुर में शनिवार रात छेड़खानी के आरोपी को पकड़ने आए पुलिसकर्मियों से लड़कियों ने मारपीट की। सिपाही का गला पकड़कर खींचा, वर्दी फाड़ दी। उसका मोबाइल छीन लिया। इस दौरान आरोपियों ने वीडियो भी बनाया। वह कहते रहे- बिना वारंट के घर में कैसे घुसे, महिलाओं को कैसे मारा, योगी राज में ये सब क्या हो रहा है? पुलिस ने 8 नामजद और 5 अज्ञात समेत 13 पर केस दर्ज किया है। मामला धम्मौर थाना क्षेत्र का है। पहले देखिए 3 तस्वीरें… पहले पढ़िए वीडियो में क्या है... वीडियो में दिख रहा है कि एक सिपाही को घर के अंदर 3 लड़कियों और एक महिला ने पकड़ रखा है। वह सिपाही को गले से पकड़कर खींचती हैं। इस दौरान उसकी वर्दी फट जाती है। लड़कियों ने कॉन्स्टेबल अंकुश चौधरी का मोबाइल भी छीन लिया। इस दौरान वीडियो बना रहा शख्स बार-बार कहता है- महिला पुलिस लेकर आना चाहिए था। ये देखिए बिना वारंट के 4 लोग घर में घुस रहे हैं। इस बीच दूसरा पुलिसकर्मी लड़कियों के हाथ से साथी पुलिसकर्मी को छुड़ाकर बाहर खींचकर लाता है। इसके बाद ग्रामीणों ने बीच बचाव किया। उन्होंने पुलिसकर्मी का मोबाइल वापस कराया। लड़की ने दर्ज कराई थी छेड़खानी की शिकायतउधनपुर में अंकित यादव 27 मार्च को अपने नाना जगन्नाथ यादव के घर आया था। उसकी नानी की मौत हो गई थी। 28 मार्च की शाम 5 बजे गांव की ही एक लड़की ने थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि अंकित उसके साथ लगातार छेड़खानी कर रहा है। उसे भगा ले जाने का प्रयास कर रहा है। पुलिस के साथ मारपीटशिकायत पर धम्मौर थाना पुलिस की एक टीम रात 8 बजे आरोपी अंकित को पकड़ने मौके पर पहुंची। पुलिस टीम में SI राजकुमार सिंह, कांस्टेबल संजय यादव और कांस्टेबल अंकुश शामिल थे। पुलिस ने जैसे ही अंकित को हिरासत में लेने का प्रयास किया, उसके परिजनों और घर की लड़कियां और महिलाओं ने पुलिस टीम के साथ अभद्रता शुरू कर दी। देखते ही देखते हाथापाई और मारपीट होने लगी। मारपीट में सिपाही अंकुश चौधरी समेत अन्य पुलिसकर्मियों को चोटें आई हैं। मारपीट में पुलिसकर्मी चोटिल हुएधम्मौर थाना प्रभारी रजत पांडेय ने बताया कि उप निरीक्षक राजकुमार यादव की शिकायत पर मुकदमा दर्ज किया गया है। इसमें 8 नामजद और 5 अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया गया है। पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दे रही है। सीओ नगर सौरभ सामंत ने बताया कि गांव में शांति व्यवस्था सामान्य है और पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए है। अंकित के ननिहाल वालों का दावा है कि उसने आरोप लगाने वाली लड़की से कोर्ट मैरिज की है। कल जब लड़की के परिवार को पता चला तो दबाव बनाने के लिए शिकायत कर दी। पुलिस रात में घर आई और महिलाओ से मारपीट करने लगी। ----------------------यह खबर भी पढ़ें… वाराणसी में गोतस्करों की मुखबिरी करने पर युवक की हत्या, घर से खींचकर ले गए दबंग; लात-घूंसों से पीटकर मार डाला वाराणसी में गौतस्करी की मुखबिर करने पर दबंगों ने युवक की हत्या कर दी। आधी रात घर में घुसे हमलावर सानू अली को कमरे से खींचकर ले गए, फिर गांव के बाहर ले जाकर पिटाई की। हमलावर उसे अचेत होने तक लात घूसों से पीटते रहे। हमलावरों का पीछा करते हुए परिजन मौके पर पहुंचे। उसे गंभीर हालत में हेरिटेज अस्पताल ले गए, जहां इलाज के दौरान सुबह युवक ने दम तोड़ दिया। घटना के बाद आरोपी भाग गए। रात में भी पुलिस को सूचना दी गई, लेकिन पुलिस कार्रवाई में लापरवाही करती रही। पढ़ें पूरी खबर…
फतेहाबाद की साइबर क्राइम थाना पुलिस ने साइबर धोखाधड़ी के मामले में कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को काबू किया है। पुलिस द्वारा आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया। जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। आरोपी की पहचान फतेहाबाद जिले के ही गांव रत्ताखेड़ा निवासी प्रिंस कुमार के रूप में हुई है।साइबर क्राइम थाना प्रभारी राहुल देव ने बताया कि इस संबंध में 11 फरवरी को राष्ट्रीय साइबर पोर्टल पर शिकायत प्राप्त हुई थी। शिकायतकर्ता गांव रत्ताखेड़ा निवासी पोकर सिंह ने अपने बयान में बताया था कि 10 फरवरी को उनका मोबाइल फोन गुम हो गया था। तीन ट्रांजैक्शन में निकाले थे 90 हजार रुपए इसके बाद अज्ञात व्यक्ति द्वारा मोबाइल का दुरुपयोग करते हुए UPI के माध्यम से उनके पंजाब नेशनल बैंक रतिया स्थित खाते से तीन अलग-अलग ट्रांजेक्शन के जरिए कुल 90 हजार रुपए निकाल लिए थे। पहली बार में 10 हजार, फिर 30 हजार और तीसरी बार में 50 हजार रुपए निकाले गए। गांव का ही निकला आरोपी प्रारंभिक जांच में अपराध पाए जाने पर 16 मार्च को साइबर थाने में बीएनएस की धारा 318(4) के तहत मामला दर्ज किया गया। जांच के दौरान पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की पहचान कर उसे काबू किया। आरोपी प्रिंस कुमार ने गुम मोबाइल का गलत इस्तेमाल कर उक्त धोखाधड़ी की वारदात को अंजाम दिया।
पानीपत शहर में अंधविश्वास भरी बातों के जाल में फंसाकर ठगी करने वाले गिरोह सक्रिय हैं। गोहाना रोड पर खन्ना मोड़ के पास दो शातिर ठगों ने एक महिला को पारिवारिक संकट का डर दिखाकर उसके सोने के कुंडल, मोबाइल और नकदी पर हाथ साफ कर दिया। ठगों ने महिला को राम नाम जपने का झांसा दिया और मौके से फरार हो गए। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है। बातों के जाल में फंसाकर ले गए सूनसान जगह मूल रूप से सोनीपत के गांव सिटावली और हाल निवासी राजनगर, पानीपत की रहने वाली नरेश कुमारी ने पुलिस को बताया कि वह 27 मार्च की दोपहर करीब 3:30 बजे गोहाना रोड से पैदल अपने घर जा रही थी। जब वह खन्ना मोड़ के पास पहुंची, तो एक अज्ञात युवक उसके पास आया। उसने खुद को हरिद्वार से आया हुआ साधु बताया और कहा कि तुम्हारे और तुम्हारे परिवार पर बहुत बड़ा संकट आने वाला है। नकली अंगूठी और 100 रुपए का दिया लालच ठग महिला को बातों में उलझाकर गोहाना मोड़ की तरफ ले गया, जहां उसे उसका दूसरा साथी मिला। ठग ने दूसरे युवक (जो उसका साथी ही था) को भी संकट का डर दिखाया। नाटक को असली दिखाने के लिए ठग ने दूसरे युवक की अंगूठी और 100 रुपए महिला के हाथ में रख दिए और कहा कि इन्हें जेब में डाल लो और घर जाकर गंगाजल छिड़क कर पहन लेना, संकट दूर हो जाएंगे। 11 बार राम नाम जपने भेजा और सामान लेकर उड़े पूरी तरह से महिला का विश्वास जीतने के बाद ठग ने उससे कहा कि वह अपने कानों की सोने की बालियां और पास रखे रुपए निकालकर हाथ में ले ले। डरी हुई महिला ने अपने 4 ग्राम सोने के कुंडल, 6800 रुपए और मोबाइल निकालकर हाथ में ले लिए। ठग ने कहा कि यह सारा सामान और सूट का थैला दूसरे लड़के को दे दो और जीटी रोड की तरफ चलते हुए 11 बार राम नाम का जाप करो। जैसे ही महिला कुछ कदम दूर गई और नाम जपकर वापस लौटी, तो वहां दोनों लड़के गायब थे। महिला को तब एहसास हुआ कि वह ठगी का शिकार हो चुकी है। पुलिस की कार्रवाई पीड़ित महिला ने किशनपुरा चौकी पुलिस को लिखित शिकायत दी है। पुलिस आसपास के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि इन ठगों की पहचान की जा सके। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि सड़कों पर मिलने वाले ऐसे अनजान लोगों की बातों में न आएं जो संकट दूर करने या चमत्कार करने का दावा करते हैं।
सिंगरौली जिले के बैढ़न कोतवाली क्षेत्र में रविवार की सुबह युवती से मोबाइल छीनने की घटना सामने आई। सेंट जोसेफ कॉन्वेंट स्कूल तिराहे के पास बाइक सवार तीन युवकों ने इस वारदात को अंजाम दिया। पीड़िता शिवानी सिंह रास्ते में मोबाइल पर भजन सुनते हुए जा रही थीं। तभी पीछे से आए तीन युवकों ने मोबाइल झपट्टा मारकर छीन लिया और मौके से भागने लगे। युवती के शोर मचाने पर आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत उनका पीछा करना शुरू कर दिया। बाइक कार से टकराने पर आरोपियों को पकड़ा भागने के क्रम में आरोपियों की बाइक अनियंत्रित होकर एक कार से टकरा गई, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। प्रत्यक्षदर्शी रमेश सोनी ने बताया कि हादसे के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने दौड़कर दो आरोपियों को पकड़ लिया। हालांकि, तीसरा आरोपी छीना गया मोबाइल लेकर बाइक मौके पर छोड़कर फरार हो गया। कोतवाली पुलिस ने आरोपियों को हिरासत में लिया स्थानीय लोगों ने दोनों आरोपियों को पकड़ लिया। घटना की सूचना मिलने के करीब आधे घंटे बाद कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर थाने ले गई। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक भी जब्त कर ली है। इस हादसे में कार का साइड हिस्सा भी क्षतिग्रस्त हो गया है। कार चालक ने भी थाने में शिकायत दर्ज कराई है। पकड़े गए दोनों आरोपियों को भी हल्की चोटें आई हैं। टीआई बोले-तीसरे आरोपियों की तलाश जारी है कोतवाली थाना प्रभारी अशोक सिंह परिहार ने बताया कि पकड़े गए दोनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। उन्होंने आशंका व्यक्त की कि आरोपी नशे की हालत में थे। पुलिस फरार तीसरे आरोपी की तलाश कर रही है और पूरे मामले की विस्तृत जांच जारी है।
2021 में बंदूक अड़ाकर की थी वारदात:कार व मोबाइल लूट के आरोपी को 3 साल कैद
बंदूक अड़ाकर कैब और मोबाइल लूटने के आरोपी रोशन खातरकर को भोपाल कोर्ट ने तीन साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सुचिता श्रीवास्तव ने यह फैसला सुनाया। शासन की ओर से अपर लोक अभियोजक राजेंद्र पटेल ने पैरवी की। यह थी घटना: मामला 29 अगस्त 2021 का मिसरोद थाना क्षेत्र का है। पीड़ित शाहरुख खान आईएसबीटी पर अपनी कैब के साथ सवारी का इंतजार कर रहा था। आरोपी रोशन वहां पहुंचा और 11 मील जाने के लिए बिना ऑनलाइन बुकिंग के 500 रुपये किराए का लालच देकर उसे ले गया। 11 मील पहुंचने पर आरोपी ने एटीएम से पैसे निकालने का बहाना बनाया और पीड़ित को झांसा दिया। जैसे ही पीड़ित कार लेकर आगे बढ़ा, आरोपी के साथियों ने उसे रुकवा लिया। रोशन ने बंदूक अड़ाकर शाहरुख को जान से मारने की धमकी दी और उसे नीचे उतार दिया। आरोपी पीड़ित का मोबाइल और कार लेकर फरार हो गए।
सिविल अस्पताल में एक ही रात में 3 मोबाइल फोन चोरी
भास्कर न्यूज |लुधियाना सिविल अस्पताल में शुक्रवार देर रात मोबाइल चोरी की घटनाओं से हड़कंप मच गया। जच्चा-बच्चा विभाग में एक ही रात तीन परिवारों के मोबाइल चोरी हो गए। रात करीब 1 बजे पीड़ित परिजन पुलिस चौकी पहुंचे और शिकायत दर्ज करवाई। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली, जिसमें एक युवक चोरी करते साफ नजर आया। पहली शिकायत नानक नगर निवासी मुनीश मौर्या ने दी, जिनका ओप्पो A-77S मोबाइल जेब से गायब मिला। दूसरी घटना गुरमेल पार्क निवासी भजन सिंह के बेटे निशान सिंह के साथ हुई, जिसका वीवो V-40 फोन चोरी हो गया। तीसरी शिकायत गणेश पासवान ने दर्ज करवाई, जबकि एक अन्य व्यक्ति का चार्जर भी चोरी हुआ। जांच में सामने आया कि संदिग्ध युवक रात 1 से 3 बजे के बीच वार्ड में सो रहे परिजनों के बैग और जेबें टटोलते हुए नजर आया तथा मोबाइल चोरी की वारदात को अंजाम देता साफ दिखाई दिया। पुलिस के मुताबिक, शाम के समय संदिग्ध युवक को अस्पताल परिसर से ही हिरासत में ले लिया गया। उससे पूछताछ की जा रही है।
साइबर ठगी का आरोपी गिरफ्तार, 3 मोबाइल व 35 हजार रुपए बरामद
मनोहरपुर| थाना पुलिस ने साइबर धोखाधड़ी के मामले में शनिवार को एक आरोपी को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से तीन एंड्रॉइड मोबाइल और ठगी की 35 हजार रुपए की नकद राशि बरामद की है। जयपुर ग्रामीण पुलिस अधीक्षक हनुमान प्रसाद मीणा के निर्देश पर साइबर ठगी करने वालों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। इसी दौरान 27 मार्च 2026 को थाना क्षेत्र में महिलाओं को सस्ते कपड़े बेचने के नाम पर ठगी करने की सूचना मिली थी। जिस पर मनोहरपुर थाना प्रभारी सुरेंद्र सिंह ने मय जाप्ता संगम होटल के पास पहुंचे, तो एक युवक पुलिस गाड़ी को देखकर भागने लगा। इस पर पुलिस ने उसको पकड़कर नाम पता पूछा तो उसने अपना नाम मंजीत चान्दोलिया पुत्र नन्दकिशोर निवासी चान्दोलिया का मोहल्ला मेड़ थाना विराटनगर जिला कोटपूतली बहरोड़ बताया।
उदयपुर के चर्चित भाजपा नेत्री के साथ ब्लैकमेलिंग मामले ‘उदयपुर फाइल्स’ में पुलिस ने अपनी जांच पूरी कर ली है। आरोपी वकील विशाल गुर्जर के खिलाफ पुलिस ने महज 43 दिन में ही अदालत में चार्जशीट पेश कर दी। इस हाईप्रोफाइल मामले में पुलिस ने काफी तेजी दिखाते हुए सारे सबूत जुटाए और उन्हें कोर्ट के सामने रख दिया है। इस पूरे मामले की जांच डिप्टी गिरवा गोपाल चंदेल ने की है। उन्होंने बीएनएस और आईटी एक्ट की धाराओं के तहत कोर्ट नंबर 4 के पीठासीन अधिकारी मनीष जोशी के सामने आरोप पत्र पेश किया। पुलिस ने इस चालान के साथ 12 गवाह, 28 दस्तावेज और 4 महत्वपूर्ण आर्टिकल भी साक्ष्य के तौर पर शामिल किए हैं।दरसअल, पीड़िता ने इसी साल 11 फरवरी को भूपालपुरा थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उसने पुलिस को बताया था कि आरोपी विशाल गुर्जर ने उसे अपने ऑफिस बुलाकर कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ पिला दिया था। जब वह बेहोश हो गई, तो आरोपी ने उसका अश्लील वीडियो बना लिया और बाद में उसे वायरल करने की धमकी देकर ब्लैकमेल करने लगा।पुलिस ने आरोपी के घर से वह डिजिटल घड़ी भी बरामद कर ली है, जिसमें हिडन कैमरा लगा हुआ था। जांच में सामने आया कि यह कैमरा आरोपी के मोबाइल से कनेक्ट रहता था। इसके अलावा पुलिस ने आरोपी का सैमसंग मोबाइल और मेमोरी कार्ड भी जब्त किया है, जिसमें पीड़िता के कई आपत्तिजनक फोटो और वीडियो फाइल बनाकर रखे गए थे। चार्जशीट में एक अहम बात यह सामने आई है कि इसमें एआई (AI) जनरेटेड वीडियो का कोई जिक्र नहीं है। शुरुआत में ऐसी चर्चा थी कि आरोपी ने एआई तकनीक से वीडियो बनाए हैं, लेकिन जांच में पुलिस को ऐसा कोई सबूत नहीं मिला। जांच अधिकारी का कहना है कि अगर ऐसा कुछ होता, तो साक्ष्यों को FSL जांच के लिए भेजा जाता। फिलहाल आरोपी विशाल गुर्जर जेल में है। वहीं, उसकी मां ने राजस्थान हाईकोर्ट में एक याचिका दायर की है, जिसमें पुलिस की कार्रवाई और गिरफ्तारी के दौरान के साक्ष्यों पर सवाल उठाए गए हैं। हाईकोर्ट में इस मामले की अगली सुनवाई अब 1 अप्रैल को होनी तय हुई है।
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में स्टूडेंट की पैंट की जेब में रखा मोबाइल अचानक तेज आवाज के साथ ब्लास्ट हो गया और आग लग गई। इस घटना में छात्र मामूली झुलस गया। यह हादसा सरकंडा थाना क्षेत्र के सेंट्रल लाइब्रेरी के पास हुआ। जानकारी के अनुसार, सरकंडा सेंट्रल लाइब्रेरी के पास छात्र अपने दोस्तों के साथ खड़ा था। तभी उसकी पैंट की जेब में रखा मोबाइल फोन अचानक तेज आवाज के साथ फट गया। ब्लास्ट से छात्र की पैंट में आग लग गई और वहां मौजूद लोग घबरा गए। स्टूडेंट के दोस्तों ने तुरंत आग बुझाने की कोशिश की और कुछ ही समय में आग पर काबू पा लिया गया। मोबाइल ब्लास्ट में छात्र झुलस गया। उसके हाथ और पैर में चोटें आई हैं। प्राथमिक उपचार के बाद छात्र की हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि मोबाइल ब्लास्ट क्यों हुआ बैटरी खराब होने, ओवरहीटिंग या किसी अन्य तकनीकी वजह से। जानकारों के मुताबिक, स्मार्टफोन में इस्तेमाल होने वाली लिथियम-आयन बैटरी कभी-कभी ज्यादा गर्म होने या खराब होने पर फट सकती है। लंबे समय तक चार्ज करने या सस्ते चार्जर इस्तेमाल करने से ऐसे हादसे होने की संभावना बढ़ जाती है।
जालंधर की बस्ती दानिशमदां नाला पुल के पास स्थित शेर सिंह कॉलोनी में एक युवक से मोबाइल लूटने का प्रयास किया गया। एक्टिवा सवार लुटेरा युवक को 300 मीटर तक घसीटता ले गया। इस दौरान लुटेरा गिर गया, जिसके बाद लोगों ने उसे पीटा। हालांकि, लुटेरा भीड़ का फायदा उठाकर भागने में सफल रहा। घटना में युवक गंभीर रूप से घायल हो गया और उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पीड़ित दिलीप ने घटना की जानकारी देते हुए बताया कि वह गंदे नाले के पास एक मिस्त्री के पास काम करता है। दोपहर में खाना खाने जाते समय एक एक्टिवा सवार व्यक्ति ने उससे मोबाइल मांगा। लुटेरे ने बहाना बनाया कि उसका रिचार्ज खत्म हो गया है और उसे किसी को जरूरी कॉल करनी है। दिलीप ने अपना मोबाइल उसे दे दिया। मोबाइल लेकर स्कूटी पर बैठा लुटेरा मोबाइल लेने के बाद लुटेरा एक्टिवा पर बैठ गया और कॉल आने का बहाना करने लगा। कुछ देर बाद वह मोबाइल लेकर भागने लगा, तो दिलीप ने उसकी एक्टिवा पकड़ ली। लुटेरा उसे लगभग 300 मीटर तक घसीटता रहा। एक्टिवा का संतुलन बिगड़ने पर लुटेरा गिर गया, जिसके बाद लोगों ने उसे पकड़कर पीटा और मोबाइल वापस दिलीप को दे दिया। हालांकि, लुटेरा मौके से फरार हो गया। चश्मदीद राम चंद्र ने बताया कि उन्होंने लुटेरे को युवक को घसीटते हुए देखा था। उन्होंने यह भी कहा कि शेर सिंह कॉलोनी में आए दिन ऐसी लूटपाट की घटनाएं हो रही हैं और लुटेरे फरार हो जाते हैं।घायल युवक का इलाज करने वाले डॉक्टर हर्ष ने बताया कि मरीज उनके पास उपचार के लिए आया था। मरीज ने उन्हें बताया कि वह सड़क हादसे में घायल हुआ है। उसका उपचार किया जा रहा है।
बेतिया के कुमारबाग थाना क्षेत्र के लोहियरिया गांव में चोरों ने एक मोबाइल और लैपटॉप की दुकान को निशाना बनाते हुए करीब 10 लाख रुपये के सामान पर हाथ साफ कर दिया। लगातार हो रही चोरी की इस घटना से इलाके के व्यवसायियों में दहशत का माहौल है, जबकि पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। घटना की गंभीरता को देखते हुए बेतिया सदर-1 के डीएसपी विवेक दीप घटनास्थल पर पहुंचे और जांच की। उन्होंने बताया कि मामले में जांच की जा रही है। जल्द ही खुलासा किया जाएगा। देखें, मौके से आई 2 तस्वीरें… सिलसिलेवार जानें,क्या है मामला… मोबाइल, लैपटॉप समेत अन्य कीमती सामान गायब जानकारी के अनुसार, बीती रात अज्ञात चोरों ने व्यवसायी विनीत कुशवाहा की दुकान में सेंध लगाकर मोबाइल फोन, लैपटॉप समेत अन्य कीमती उपकरण चोरी कर लिए। दुकान मालिक के मुताबिक, चोरी गए सामान की अनुमानित कीमत करीब 10 लाख रुपये है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी। 1 जनवरी को विनीत की एक अन्य दुकान में हुई थी चोरी गौरतलब है कि यह पहली घटना नहीं है। इससे पहले इसी साल 1 जनवरी को विनीत कुशवाहा की एक अन्य दुकान में भी बड़ी चोरी हुई थी, जिसमें करीब 57 लाख रुपये के सामान की चोरी हुई थी। लगातार दूसरी वारदात के बाद अब तक कुल नुकसान 67 लाख रुपये तक पहुंच गया है। पिछली घटना में आरोपियों को पकड़ा, सामान बरामद नहीं पीड़ित व्यवसायी ने बताया कि पिछली घटना में पुलिस ने कुछ आरोपियों को गिरफ्तार तो किया था, लेकिन चोरी गया सामान अब तक बरामद नहीं हो सका है। ऐसे में लगातार हो रही चोरी और बरामदगी न होने से व्यापारियों में असुरक्षा की भावना गहराती जा रही है और पुलिस की कार्यशैली पर भी सवाल उठने लगे हैं। डीएसपी बोले-मामले की हर एंगल से जांच की जा रही घटना की गंभीरता को देखते हुए बेतिया सदर-1 के डीएसपी विवेक दीप स्वयं घटनास्थल पर पहुंचे और जांच का जायजा लिया। उन्होंने बताया कि मामले की हर एंगल से जांच की जा रही है। पुलिस ने दुकान मालिक से चोरी गए सामान की विस्तृत सूची मांगी है और साक्ष्य जुटाने के लिए फॉरेंसिक टीम को भी लगाया गया है। पुलिस ने इलाके में गश्त बढ़ाने के साथ ही स्थानीय लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही मामले का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
उदयपुर में जिला बाल कल्याण समिति की कार्यकारी अध्यक्ष यशोदा परिहार कहती है कि वे रोजाना हेलमेट पहन कर ही दुपहिया वाहन चलाती है लेकिन शुक्रवार को उस समय हैरानी हुई तब स्कूटी कार्यालय में पड़ी और मोबाइल पर हेलमेट नहीं पहनने के चालान का मैसेज मोबाइल पर आया। यशोदा ने बताया कि वह घर से कार्यालय आने से लेकर स्कूटी पर आने-जाने के दौरान हेलमेट पहनकर ही चलाती है। शुक्रवार को सुबह 10 से शाम 4 बजे तक वे कार्यालय में थी और उनकी स्कूटी कार्यालय के बाहर खड़ी थी। यह पूरी तस्वीर वहां लगे सीसीटीवी कैमरें में भी कैद है। कार्यकारी अध्यक्ष ने बताया कि जब कार्यालय में काप निपटा रही थी तब ही उनके मोबाइल पर एक मैसेज आया जिसमें हेलमेट नहीं पहनने पर चालान बनाया गया था। वे कहती है कि मै इस मैसेज से हैरान रह गई कि उस समय मेरी गाड़ी ही कार्यालय में खड़ी थी मै कही रोड पर नहीं थी। इसके अलावा जब स्कूटी चलाती हूं तो हेलमेट रेगुलर लगाती हूं। उदयपुर पुलिस की और से जो चालान भेजा गया उसमें यशोदा जिस गाड़ी पर आती है उसका नंबर RJ27AF0961 अंकित कर रखा है। यशोदा कहती है कि जब उन्होंने उस चालान में जो फोटो देखा तो उसमें उनकी गाड़ी थी भी नहीं। चालान में नियमों की अवहेलना का समय 27 मार्च 2026 को सुबह 11 बजकर 29 मिनट अंकित था जबकि यशोदा का कहना है कि उस समय उनकी गाड़ी उनके चित्रकूट नगर कार्यालय में खड़ी थी। ये खबर भी पढ़े… कार चलाते वकील का हेलमेट न पहनने पर चालान कटा:मैसेज आते ही चौंक गए, 1000 रुपए का चालान बनाया गया आप कार ड्राइव करते हैं और हेलमेट न लगाने का चालान काटा जाए। चौंक जाएंगे न आप। ऐसा ही हुआ, उदयपुर के वकील के साथ। वकील का कहना है- वे कार चलाते हैं न कि टू-व्हीलर। इसके बाद भी ऐसा चालान आने पर चौंक गए। हालांकि बाद में ट्रैफिक पुलिस ने अपने स्तर पर ही इसे सही कर दिया। (पूरी खबर पढ़े..)
बांसवाड़ा में नकबजनी का आरोपी गिरफ्तार, दो नाबालिग डिटेन:चोरी का मोबाइल बरामद, मोटरसाइकिल जब्त
बांसवाड़ा के आंबापुरा थाना इलाके में पुलिस ने नकबजनी के मामले का खुलासा करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया और दो नाबालिगों को डिटेन किया है। यह वारदात 22 फरवरी की रात नवाखेड़ा भूरीघाटी में हुई थी, जब पीड़ित के घर से मोबाइल और नकदी चोरी हुई। पुलिस ने मुखबिर तंत्र और तकनीकी जांच के आधार पर आरोपी तक पहुंच बनाई। आरोपी के पास से चोरी का मोबाइल और वारदात में इस्तेमाल बाइक बरामद की गई है। तीनों ने मिलकर रात के समय घर में घुसकर चोरी की थी। रात में घर में घुसकर की चोरीपीड़ित नारायण ने रिपोर्ट में बताया कि 22 फरवरी की रात करीब 3 बजे वह परिवार के साथ आंगन में सो रहा था। इसी दौरान घर के अंदर से पेटी गिरने की आवाज आई। जब वह अंदर गया तो अज्ञात बदमाश वीवो मोबाइल और स्टील बॉक्स में रखे करीब 700 रुपये लेकर भाग चुके थे। जांच में सामने आया आरोपीथानाधिकारी निर्भय सिंह के नेतृत्व में टीम ने मामले की जांच शुरू की। मुखबिर से मिली सूचना और तकनीकी इनपुट के आधार पर भूतिया डुगरी निवासी मांगीलाल संदिग्ध मिला। हिरासत में लेकर पूछताछ करने पर उसने दो नाबालिग साथियों के साथ चोरी करना कबूल किया। बरामदगी और कानूनी कार्रवाईपुलिस ने मांगीलाल पुत्र कचरू राणा, निवासी भूतिया डुगरी नवागांव को गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से चोरी का एंड्रॉइड मोबाइल बरामद किया गया और वारदात में इस्तेमाल मोटरसाइकिल भी जब्त की गई। आरोपी को कोर्ट में पेश कर जेल भेजा गया, जबकि दोनों नाबालिगों को किशोर न्याय बोर्ड के सामने पेश कर बाल संप्रेषण गृह भेजा गया। टीम में शामिल पुलिसकर्मीइस कार्रवाई में थानाधिकारी निर्भय सिंह, एएसआई पारचंद, हेड कांस्टेबल कीर्तन सिंह, कांस्टेबल विकास, अशोक कुमार और चालक कमल शामिल रहे।
पूर्णिया में रामनवमी को लेकर शहर में निकलने वाली भव्य शोभायात्रा को लेकर प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। जिला प्रशासन और पुलिस ने ट्रैफिक एडवाइजरी जारी की है। सुबह 8 बजे से रात 12:30 बजे तक शहरी क्षेत्र में सभी भारी और व्यावसायिक वाहनों की एंट्री पर रोक लगा दी गई है। जगह-जगह डायवर्जन और नो-एंट्री लागू की गई है, ताकि शोभायात्रा शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो सके। ट्रैफिक डीएसपी कौशल किशोर कमल ने बताया कि रामनवमी को लेकर शहर के मधुबनी इलाके से निकलने वाली शोभायात्रा को देखते हुए सुबह 8 बजे से रात 12:30 बजे तक शहर के शहरी क्षेत्र में सभी भारी और व्यावसायिक वाहनों के प्रवेश पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। जीरो माइल, कसबा-रामबाग रोड, जनता चौक, बेलौरी चौक, मरंगा मोड़ और मेहता चौक जैसे प्रमुख एंट्री प्वॉइंट से भारी वाहनों को शहर में आने की अनुमति नहीं होगी। ऐसे वाहनों को मरंगा जीरो माइल बाइपास और मेहता चौक से कोसी नर्सरी होते हुए डायवर्ट किया गया है, ताकि शहर के भीतर यातायात का दबाव कम रहे। मधुबनी से निकलने वाली मुख्य शोभायात्रा मधुबनी बाजार, डॉलर हाउस चौक, नगर निगम चौक, आर.एन. शाह चौक, रजनी चौक, लाइन बाजार, लखन चौक, खुश्कीबाग, पूर्णिया स्टेशन और सदर थाना होते हुए पूर्णिया सिटी तक जाएगी, जहां भरत मिलाप के साथ इसका समापन होगा। इस दौरान मधुबनी बाजार, आर.एन. शाह चौक, रजनी चौक और लाइन बाजार चौक को मुख्य संगम स्थल के रूप में चिन्हित किया गया है, जहां सबसे ज्यादा भीड़ रहने की संभावना है। नो मूवमेंट जोन घोषित हल्के वाहनों के लिए भी डायवर्जन प्लान लागू किया गया है। कटिहार और बेलौरी की ओर से आने वाले वाहनों को जीरो माइल और मरंगा बायपास की ओर मोड़ा जाएगा, जबकि बनभाग क्षेत्र से आने वाले वाहन मेहता चौक, कोसी नर्सरी और नए बायपास मार्ग से आवागमन करेंगे। जुलूस के दौरान लाइन बाजार, झंडा चौक और रजनी चौक को पूरी तरह नो मूवमेंट जोन घोषित किया गया है, जहां किसी भी तरह के वाहन के प्रवेश पर रोक रहेगी। नियम तोड़ने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी पार्किंग व्यवस्था को लेकर भी प्रशासन ने खास तैयारी की है। कला भवन, बीएसआरटीसी बस स्टैंड और जिला स्कूल के खेल मैदान को पार्किंग स्थल बनाया गया है, ताकि सड़कों पर अनावश्यक भीड़ और जाम की स्थिति न बने। गिरजा चौक, आर.एन. शाह चौक, लाइन बाजार, थाना चौक और रजनी चौक को नो पार्किंग जोन घोषित किया गया है। इन जगहों पर अगर कोई वाहन खड़ा मिला तो मोटर वाहन अधिनियम के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही अवैध पार्किंग, अतिक्रमण, तेज गति, गलत दिशा में वाहन चलाने और नशे में ड्राइविंग पर भी सख्ती बरती जाएगी। मोबाइल पेट्रोलिंग यूनिट तैनात आपातकालीन सेवाओं को ध्यान में रखते हुए एम्बुलेंस और फायर ब्रिगेड के लिए ग्रीन कॉरिडोर की व्यवस्था की गई है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत रास्ता मिल सके। ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए शहर में मोबाइल पेट्रोलिंग यूनिट भी तैनात की गई है। लोगों से अपील करते हुए कहा कि सभी नागरिक ट्रैफिक नियमों का पालन करें, भीड़-भाड़ वाले इलाकों में बेवजह जाने से बचें और प्रशासन का सहयोग करें, ताकि रामनवमी का यह पर्व सुरक्षित और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो सके।
झाबुआ जिले के रायपुरिया क्षेत्र में शनिवार सुबह अमेरिकन टावर कॉर्पोरेशन (ATC India) के मोबाइल टावर में आग लग गई। एक निजी खेत में स्थित टावर से धुआं और लपटें उठती देख आसपास के दुकानदारों ने स्थानीय प्रशासन को सूचना दी, जिसके बाद बड़ी संख्या में लोग मौके पर जमा हो गए। टावर गिरने और करंट फैलने की आशंका के चलते ग्रामीण पास जाने से कतराते रहे। ग्राम पंचायत सचिव तोलसिंह निनामा और सरपंच प्रतिनिधि नंदलाल निनामा घटना की जानकारी मिलते ही तुरंत मौके पर पहुंचे। आग में मोबाइल टावर के नेटवर्क उपकरण जला आगजनी की इस घटना में टावर पर लगे आइडिया, एयरटेल और जियो कंपनियों के नेटवर्क सिग्नल उपकरण और केबल क्षतिग्रस्त हो गए हैं। आग बुझाने के लिए स्थानीय स्तर पर कोई संसाधन उपलब्ध नहीं था, जिसके कारण पेटलावद नगर परिषद को सूचना दी गई। पेटलावद से फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक टावर की केबलें जल चुकी थीं। रायपुरिया में अग्निशमन सुविधा अभाव से ग्रामीण चिंतित इस घटना ने क्षेत्र में अग्निशमन सुविधाओं के अभाव को उजागर कर दिया है। रायपुरिया थाना क्षेत्र के अंतर्गत लगभग 112 गांव आते हैं, लेकिन स्थानीय स्तर पर फायर ब्रिगेड की स्थायी व्यवस्था न होने से ग्रामीणों में रोष है। ग्रामीणों का कहना है कि किसी भी बड़ी आगजनी की स्थिति में पेटलावद से दमकल आने में काफी समय लग जाता है, जिससे नुकसान की संभावना बढ़ जाती है। स्थायी फायर ब्रिगेड रायपुरिया में तुरंत स्थापित हो सरपंच प्रतिनिधि नंदलाल निनामा और सचिव तोलसिंह निनामा ने प्रशासन से मांग की है कि क्षेत्र की विशालता को देखते हुए रायपुरिया में स्थायी रूप से एक फायर ब्रिगेड उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने भविष्य में ऐसी घटनाओं पर तत्काल काबू पाने के लिए महिला एवं बाल विकास कैबिनेट मंत्री निर्मला भूरिया के समक्ष भी यह मांग रखने की बात कही है।
एम2 टाइगर्स ने आरव को, रूद्र मोबाइल ने मंडल को हराया
बिलकिसगंज| बीपीएल सीजन 7 मंत्री कप नाइट टूर्नामेंट में दोनों मैच रोमांचक रहे। पहले मैच में एम 2 टाइगर्स ने आरव स्ट्राइकर को 7 ओवर में हराया। दूसरे मैच में रूद्र मोबाइल ने मंडल साहब 11 को 7 ओवर में मात दी। पहले मुकाबले में टॉस जीतकर आरव स्ट्राइकर ने बल्लेबाजी की। टीम ने 8 ओवर में 8 विकेट पर 84 रन बनाए। वीरसिंह ने 7 गेंदों पर 15 रन बनाए। आर्यन मीणा ने 9 गेंदों पर 14 रन जोड़े। एम 2 टाइगर्स की ओर से प्रवीण परमार ने 2 ओवर में 23 रन देकर 3 विकेट लिए। कप्तान अंकित परमार ने 2 विकेट लिए। राजा ने 2 विकेट लिए। अनिकेत को 1 विकेट मिला। जवाब में एम 2 टाइगर्स ने 7 ओवर में एक विकेट पर लक्ष्य हासिल कर लिया। ओपनर राजा खां ने 26 गेंदों पर नाबाद 46 रन बनाए। अंकित शर्मा ने 10 गेंदों पर 31 रन की तेज पारी खेली। राजा खां मैन ऑफ द मैच रहे। दूसरे मुकाबले में मंडल साहब 11 ने टॉस जीतकर बल्लेबाजी की। टीम ने 8 ओवर में 5 विकेट पर 72 रन बनाए। रूद्र मोबाइल ने 7 ओवर में 6 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। शुभम यादव मैन ऑफ द मैच घोषित किए गए।
घर से कई गोपनीय दस्तावेज, सिमकार्ड और मोबाइल मिले
जयपुर | एयरफोर्स की मूवमेंट और विमानों से जुड़ी गोपनीय सूचनाएं पाकिस्तान तक पहुंचाने के मामले में पकड़े गए आरोपी सुमित कुमार को राजस्थान इंटेलिजेंस शुक्रवार को असम के डिब्रूगढ़ लेकर पहुंची। नक्शा-मौका तस्दीक के दौरान टीम ने सबसे पहले आरोपी के घर की तलाशी ली, जहां से कई अहम सबूत बरामद हुए। तलाशी में एयरफोर्स से जुड़े गोपनीय दस्तावेज, पाकिस्तान में वाट्सएप चलाने के लिए भेजे गए ओटीपी से जुड़ा सिमकार्ड और एक मोबाइल फोन मिला। दस्तावेजों की गंभीरता देखकर इंटेलिजेंस और एयरफोर्स विंग के अधिकारी भी चौंक गए। इसके बाद दोनों एजेंसियों ने संयुक्त पूछताछ शुरू कर दी। जांच में सामने आया कि आरोपी वर्ष 2023 से पाकिस्तानी हैंडलरों के संपर्क में था। उसने भारत में सिमकार्ड खरीदकर उसका ओटीपी पाकिस्तान भेजा, जिससे वहां वाट्सएप संचालित किया गया और संवेदनशील सूचनाएं साझा की गईं। आरोपी पैसे के बदले जानकारी लीक कर रहा था। अब तक की जांच में आरोपी के खातों में 3 लाख रुपए से अधिक के ट्रांजेक्शन सामने आए हैं। अन्य खातों की जानकारी संबंधित बैंकों से मांगी गई है। आरोपी 2 अप्रैल तक रिमांड पर है। नक्शा-मौका तस्दीक के लिए इंस्पेक्टर विनोद कुमार के नेतृत्व में विशेष टीम भेजी गई है। एडीजी प्रफुल्ल कुमार ने बताया कि आरोपी मूलत: यूपी के प्रयागराज का रहने वाला है और वर्ष 2021 से चबुआ एयरफोर्स स्टेशन की एमटीएस शाखा में तैनात था।
रामनवमी जुलूस के दौरान चोरों ने 70 मोबाइल और पर्स उड़ाए
रामनवमी जुलूस के दौरान शहर में चोर गिरोह सक्रिय रहे। मेन रोड स्थित शहीद चौक से अलबर्ट एक्का चौक होते हुए सुजाता चौक और ओवरब्रिज तक बदमाशों ने भीड़ का फायदा उठाकर 70 से अधिक मोबाइल और पर्स पर हाथ साफ कर दिया। जुलूस में उमड़ी भारी भीड़ के बीच चोर बेखौफ होकर वारदात को अंजाम देते रहे। जानकारी के अनुसार, भीड़ में नाबालिग चोर भी सक्रिय थे, जो मौका मिलते ही किसी की जेब काट रहे थे तो किसी के पर्स से मोबाइल गायब कर रहे थे। घटना के बाद कई पीड़ित कोतवाली, लोअर बाजार और डेली मार्केट थाना पहुंचे। वहां पुलिस ने मोबाइल से संबंधित कागजात और आईडी प्रूफ लेकर आने की बात कही। इसके बाद कई लोग अगले दिन आने की बात कहकर लौट गए। वहीं, कुछ पीड़ित बिना लिखित शिकायत दर्ज कराए ही घर वापस चले गए।
कटिहार पुलिस ने कोढ़ा थाना क्षेत्र में हुए मुन्ना कुमार हत्याकांड का खुलासा कर दिया है। इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से मृतक का मोबाइल फोन और घटना में इस्तेमाल किया गया टोटो वाहन भी बरामद किया है। कोढ़ा एसडीपीओ रंजन कुमार ने बताया कि जुराबगंज वार्ड संख्या-01 निवासी इंदल यादव के 30 वर्षीय पुत्र मुन्ना कुमार, जो दोनों पैरों से दिव्यांग थे, 28 फरवरी 2026 को शाम करीब 4 बजे लापता हो गए थे। परिजनों की काफी खोजबीन के बाद भी उनका कोई सुराग नहीं मिला। बाद में 5 मार्च 2026 को गेड़ाबाड़ी बस्ती के एक मक्का के खेत से उनका शव बरामद किया गया। बहला-फुसलाकर गेड़ाबाड़ी बस्ती नहर के पास ले जाकर हत्या कर दी थी घटना के बाद मृतक के पिता के बयान पर कोढ़ा थाना में यूडी (अननैचुरल डेथ) कांड दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस ने तकनीकी अनुसंधान और मोबाइल कॉल डिटेल (CDR) का विश्लेषण किया। इसमें सामने आया कि मुन्ना कुमार की आखिरी बातचीत मो. शमशेर नामक व्यक्ति से हुई थी। पुलिस ने मो. शमशेर को हिरासत में लेकर पूछताछ की, तो उसने अपने तीन अन्य साथियों के साथ मिलकर हत्या की साजिश रचने की बात कबूल की। आरोपियों ने बताया कि पैसों के लालच में उन्होंने मुन्ना कुमार को बहला-फुसलाकर गेड़ाबाड़ी बस्ती नहर के पास ले जाकर हत्या कर दी थी। 15 हजार रुपये आरोपियों ने आपस में बांट लिए थे शव को मक्का के खेत में छिपा दिया गया था। मृतक के पास से मिले करीब 15 हजार रुपये आरोपियों ने आपस में बांट लिए थे। आरोपियों ने यह भी स्वीकार किया कि उन्होंने मृतक का मोबाइल फोन फलका थाना क्षेत्र के एक मोबाइल दुकानदार को बेच दिया था। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर छापेमारी कर मोबाइल बरामद कर लिया। दुकानदार को भी गिरफ्तार कर लिया गया है। गिरफ्तार आरोपियों में मो. शमशेर, विक्रम कुमार रविदास, सोनू सहनी और मो. मुसराईल मंसूरी शामिल हैं। सभी आरोपी कटिहार जिले के विभिन्न क्षेत्रों के निवासी हैं। एसडीपीओ ने बताया कि इस मामले में सभी आरोपियों की गिरफ्तारी एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। मामले की गहराई से जांच जारी रहेगी।
प्रयागराज में मोबाइल चोर गिरफ्तार, चोरी का फोन बरामद:रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में करता था चोरी
प्रयागराज जीआरपी ने आरपीएफ के साथ मिलकर रेलवे स्टेशनों और चलती ट्रेनों से मोबाइल चोरी करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। शुक्रवार को हुई इस कार्रवाई में आरोपी के पास से चोरी का एक मोबाइल फोन बरामद किया गया। जीआरपी प्रभारी निरीक्षक अकलेश कुमार सिंह के नेतृत्व में एक टीम स्टेशन परिसर में संदिग्धों की निगरानी कर रही थी। मुखबिर की सूचना पर टीम ने प्लेटफॉर्म नंबर 1 के दिल्ली एंड से प्लेटफॉर्म नंबर 6 की ओर जाने वाले गेट के पास एक संदिग्ध युवक को देखा। पुलिस ने घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से एक कीमती मोबाइल फोन मिला, जिसके संबंध में वह कोई वैध दस्तावेज नहीं दिखा सका। पुलिस पूछताछ में आरोपी की पहचान उदयभान सिंह उर्फ आशीष सिंह (35) के रूप में हुई है। वह प्रतापगढ़ जिले के थाना बाघराय के बूढेपुर गांव का निवासी है। पुलिस के अनुसार, उदयभान एक शातिर अपराधी है और पहले भी बिजली चोरी के मामलों में जेल जा चुका है। आरोपी के कब्जे से लगभग 15,000 रुपये कीमत का एक सिल्वर रंग का श्याओमी (Xiaomi) टच स्क्रीन मोबाइल फोन बरामद हुआ है। पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म कबूल किया। उसने बताया कि वह रेलवे स्टेशनों और चलती ट्रेनों में यात्रियों की लापरवाही का फायदा उठाकर उनके मोबाइल और अन्य कीमती सामान चुराता था। चोरी किए गए सामानों को बेचकर मिले पैसों से वह अपने शौक पूरे करता था और अपना गुजारा चलाता था। क्षेत्राधिकारी रेलवे अरुण कुमार पाठक के पर्यवेक्षण में उपनिरीक्षक अमित कुमार, जीआरपी प्रयागराज और आरपीएफ की संयुक्त टीम ने इस कार्रवाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर उसे माननीय न्यायालय में पेश किया है।
नाबालिग ने दुकान की चाबी चुराई, 31 मोबाइल बरामद:शिवपुरी में लाखों की मोबाइल चोरी का खुलासा
शिवपुरी जिले के करैरा थाना क्षेत्र में एक मोबाइल दुकान से लाखों की चोरी का पुलिस ने खुलासा किया है। पुलिस ने इस मामले में एक नाबालिग आरोपी को पकड़ा है और उसके पास से 31 मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जिनकी अनुमानित कीमत 3.30 लाख रुपये है। आरोपी ने दुकान की चाबी चुराकर वारदात को अंजाम दिया था। करैरा थाना प्रभारी विनोद छावई ने बताया कि देवनगर करैरा निवासी नीरज गुप्ता (45) ने 11 जनवरी 2026 को शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि उनकी श्रीराम मोबाइल दुकान कच्ची गली गोलम्बर के पास स्थित है। 10 जनवरी की रात दुकान बंद करने के बाद अगली सुबह जब उन्होंने दुकान खोली, तो शटर के दोनों ताले टूटे मिले। दुकान से स्मार्टफोन, सीसीटीवी कैमरा, डीवीआर और अन्य सामान गायब था। पुलिस ने अज्ञात चोर के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। पुलिस अधीक्षक अमन सिंह राठौड़ के निर्देश पर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक संजीव मुले और एसडीओपी डॉ. आयुष जाखड़ के मार्गदर्शन में करैरा पुलिस ने कार्रवाई की। मुखबिर की सूचना पर 27 मार्च को सिल्लारपुर चौराहे से एक नाबालिग को पकड़ा गया। वह चोरी के मोबाइल बेचने की फिराक में था। तलाशी के दौरान नाबालिग के पास से रेडमी कंपनी का एक मोबाइल फोन मिला। पूछताछ में उसने श्रीराम मोबाइल दुकान में चोरी करने की बात कबूल कर ली। सख्ती से पूछताछ करने पर आरोपी ने बताया कि उसने कुल 31 मोबाइल फोन चुराए थे और उन्हें जुझाई नर्सरी में छुपा रखा था। पुलिस ने सभी मोबाइल फोन बरामद कर लिए हैं। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी चोरी की वारदात से एक दिन पहले दोपहर में दुकान पर गया था। वहीं से उसने दुकान की चाबी चुरा ली थी। इसके बाद, रात करीब 4 बजे वह दुकान पर पहुंचा और आराम से ताला खोलकर चोरी को अंजाम दिया। पकड़ा गया आरोपी सिरसौद गांव का रहने वाला 17 वर्षीय नाबालिग है। पुलिस उससे आगे की पूछताछ कर रही है और मामले में वैधानिक कार्रवाई जारी है।
जैसलमेर में एक साथ 11 सायरन बजाए:ऑपरेशन सिंदूर के बाद नया सिस्टम लगाया, मोबाइल ऐप से होगा ऑपरेट
जैसलमेर में शुक्रवार को एक बार फिर से एक साथ 11 सायरन की टेस्टिंग की गई। करीब 5 मिनट की टेस्टिंग में पूरा शहर सायरन की आवाज से गूंज गया था। दरअसल, ऑपरेशन सिंदूर के बाद सुरक्षा और आपदा प्रबंधन को देखते हुए 11 जगहों पर डिजिटल सायरन सिस्टम लगाए गए है। ये सभी सायरन मोबाइल ऐप से ऑपरेट होंगे। 14 लाख 50 हजार की लागत से तैयार इस सिस्टम की शुक्रवार (27 मार्च) को सुबह 11 बजे पहली बड़ी टेस्टिंग की जाएगी। ऐप से होगा कंट्रोल, सिम कार्ड से रहेगा 'ऑनलाइन' यह सायरन सिस्टम पूरी तरह से हाई-टेक है। नगर परिषद की इलेक्ट्रिक विंग ने इसे GSM तकनीक पर आधारित बनाया है, जिसमें सिम कार्ड का उपयोग किया गया है। यह सिस्टम हर समय ऑनलाइन रहता है और इसे एक विशेष मोबाइल ऐप के जरिए कहीं से भी ऑपरेट किया जा सकता है। आपात स्थिति में कंट्रोल रूम से बस एक क्लिक करते ही शहर के सभी 11 सायरन एक साथ बज उठेंगे। 5 मिनट तक बजेंगे हूटर, 11 लोकेशन कवर आज की टेस्टिंग के दौरान सायरन लगातार 5 मिनट तक बजेंगे। नगर परिषद के आयुक्त लजपाल सिंह सोढ़ा ने बताया कि प्रशासन ने शहर के ऐसे 11 व्यस्त और प्रमुख पॉइंट चुने हैं जहाँ से आवाज पूरे शहर में सुनी जा सके। इस सिस्टम का मुख्य उद्देश्य आगजनी, प्राकृतिक आपदा या किसी भी इमरजेंसी में कम से कम समय में जनता को अलर्ट करना है। नागरिकों के लिए संदेश: 'भयभीत न हों' नगर परिषद और जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह केवल एक रूटीन टेक्निकल ड्रिल है। आयुक्त की अपील: प्रशासन सुरक्षा व्यवस्थाओं को और अधिक हाई-टेक बनाने के लिए यह अभ्यास कर रहा है। सुबह 11 बजे सायरन की आवाज सुनकर पैनिक न हों। यह केवल टेस्टिंग है, इसलिए शांति बनाए रखें और प्रशासन का सहयोग करें।
सोनीपत जिले के गांव असावरपुर में जमीन अधिग्रहण और बुलडोजर कार्रवाई को लेकर शुरू हुआ विवाद अब बड़ा रूप ले चुका है। पिछले करीब 65 घंटे से किसान सुनील मोबाइल टावर पर चढ़कर विरोध कर रहा है। वीरवार को अधिकारियों और किसान प्रतिनिधियों के बीच बैठक के बाद मुख्यमंत्री से मुलाकात का समय तय हुआ, जिसके लिए आज प्रतिनिधिमंडल चंडीगढ़ रवाना हो गया है। इस मुलाकात से पूरे मामले के समाधान की उम्मीद जताई जा रही है, जबकि गांव में तनाव और आक्रोश का माहौल बना हुआ है। टावर पर डटे किसान की जिद किसान सुनील पिछले चार दिनों से करीब 250 फीट ऊंचे मोबाइल टावर पर बैठा है और नीचे उतरने से साफ इनकार कर चुका है। उसका कहना है कि जब तक प्रशासन लिखित में बुलडोजर कार्रवाई रोकने या वैकल्पिक जमीन देने का आश्वासन नहीं देता, वह नीचे नहीं आएगा। सीएम से मिलने पहुंचा प्रतिनिधिमंडल वीरवार को एसडीएम और अन्य अधिकारियों की मौजूदगी में किसानों और परिजनों के साथ बैठक हुई थी। इसके बाद मुख्यमंत्री से मिलने का समय तय किया गया। आज किसान प्रतिनिधिमंडल चंडीगढ़ पहुंचकर अधिग्रहित जमीन को रिलीज कराने और जमीन के बदले जमीन देने की मांग रखेगा। बुलडोजर कार्रवाई से भड़का विवाद मंगलवार को एचएसवीपी की टीम गांव में करीब 150 अवैध मकानों को हटाने के लिए पहुंची थी। कार्रवाई के दौरान सबसे पहले सुनील के मकान और उसकी भाभी के स्कूल को निशाना बनाया गया। स्कूल का एक कमरा तोड़े जाने के बाद ग्रामीणों में भारी रोष फैल गया और इसी के विरोध में किसान टावर पर चढ़ गया। पूर्व डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला मिलने पहुंचे वीरवार को पूर्व उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे और सरकार पर अन्याय के आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि यह मामला दो दशक पुराना है और भूपेंद्र सिंह हुड्डा के कार्यकाल में जमीन अधिग्रहण के कारण हजारों लोग प्रभावित हुए हैं। स्वास्थ्य को लेकर बढ़ी चिंता किसान सुनील लंबे समय से टावर पर बैठा हुआ है और बताया जा रहा है कि उसने बहुत कम पानी पिया है। लगातार भूखे-प्यासे रहने से उसकी तबीयत बिगड़ने लगी है और उसे चक्कर आने की शिकायत है, जिससे परिवार और ग्रामीणों की चिंता बढ़ गई है। प्रशासन का दावा- पहुंचाया जा रहा जरूरी सामान एसडीएम सुभाष चंद्र ने बताया कि मौके पर एंबुलेंस तैनात है और आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तैयारी की गई है। उन्होंने कहा कि सुनील अपने साथ खाने-पीने का सामान लेकर गया है और समय-समय पर उसे आवश्यक वस्तुएं भी पहुंचाई जा रही हैं। पत्नी ने लगाए प्रशासन पर लापरवाही के आरोप किसान की पत्नी पूनम ने प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि अब तक किसी अधिकारी या नेता ने उनकी सुध नहीं ली। उनका कहना है कि पुलिस टावर के नीचे तैनात है, लेकिन उनके पति तक पर्याप्त मदद नहीं पहुंचाई जा रही। सड़कों पर महिलाएं, गांव में बढ़ा आक्रोश प्रशासनिक कार्रवाई के विरोध में गांव की महिलाएं भी सड़कों पर उतर आई हैं और प्रदर्शन कर रही हैं। ग्रामीणों ने पंचायत बुलाकर आगे की रणनीति पर चर्चा शुरू कर दी है। किसान परिवार और ग्रामीणों की मुख्य मांग है कि अधिग्रहित जमीन को या तो वापस किया जाए या फिर उसके बदले जमीन दी जाए। साथ ही मकान बनाने के लिए उचित मुआवजा देने की भी मांग की जा रही है। अब सभी की नजरें मुख्यमंत्री के साथ होने वाली बैठक पर टिकी हुई हैं। सिलसिलेवार जानिए पूरा मामला… अवैध कब्जा हटाने पहुंची थी HSVP टीम: नेशनल हाईवे-44 से सटे गांव असवारपुर में एचएसवीपी की टीम मंगलवार को अवैध कब्जा हटाने पहुंची थी। वहां के रहने वाले सुनील (48) ने जैसे ही टीम को बुलडोजर के साथ मौके पर पहुंचते देखा, वह सीधे मोबाइल टावर पर चढ़ गया। उसकी इस हरकत से मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। टावर से कूदने की धमकी दी: ग्रामीण सुनील लगभग 250 फीट ऊंचे मोबाइल टावर पर चढ़ गया बैठ गया। प्रशासनिक कार्रवाई से आक्रोशित सुनील ने टावर से कूदकर जान देने की धमकी दी, जिसके चलते मौके पर मौजूद पुलिस और प्रशासन को तुरंत कार्रवाई रोकनी पड़ी। घर के नीचे चल रहा था स्कूल: जिला एचएसवीपी (HSVP) प्रशासन उसके घर और उसके ऊपर के फ्लोर पर बने स्कूल के कमरों को गिराने पहुंची थी। कार्रवाई के दौरान उसकी भाभी और स्कूल संचालक सोमिल प्रशासन के खिलाफ धरने पर बैठ गई। बताया गया कि बीआर जेड स्कूल में 8वीं कक्षा के 150 बच्चे पढ़ते हैं। प्रशासन ने स्कूल के एक कमरे को गिरा दिया। इसके बाद गांव में हंगामा तेज हो गया। महिला की आत्मदाह की धमकी: सोमिल ने अपने परिवार के साथ आत्मदाह करने की धमकी दी। उन्होंने कहा कि अगर उनके मकान और स्कूल को पूरी तरह तोड़ा गया तो वे बड़ा कदम उठाने को मजबूर होंगी। उधर, पुलिस-प्रशासनिक अधिकारी काफी देर तक सुनील को नीचे उतरने की बात समझाने के बाद वहां से चले गए। महिला बोली-1962 से रह रहे: सोमिल का कहना है कि जिस जमीन पर वह रह रहे हैं। वह उनकी पुश्तैनी जमीन है और उस पर 1962 से मालिकाना हक है। जबकि सोनीपत से प्रशासन इसे सरकारी जमीन बता रहा है। यहां जानिए कार्रवाई और विरोध क्यों… 2006 से चला आ रहा है जमीन विवाद: एचएसएसवीपी (HSVP) के अधिकारी सिद्धार्थ ने बताया कि संबंधित जमीन का अधिग्रहण 2 मार्च 2006 को किया गया था। इसके बाद से ही इस जमीन को लेकर लगातार कोर्ट में विवाद चलता रहा। जमीन मालिक कई बार अलग-अलग कोर्ट पहुंचे, लेकिन वो हर बार हारे। हाईकोर्ट से सुप्रीम कोर्ट तक केस खारिज: सुनील ने मामले को लेकर पहले हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई थी, लेकिन वहां से राहत नहीं मिली। इसके बाद मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा, जहां से भी याचिका खारिज कर दी गई। इतना ही नहीं, एचएसएसवीपी (HSVP) में भी अपील की गई, लेकिन वहां से भी केस रिजेक्ट हो चुका है। 60 मीटर रोड प्रोजेक्ट में आ रही है जमीन: यह जमीन 60 मीटर चौड़ी सड़क के एलाइनमेंट में आती है, जिसके चलते इसे खाली कराना जरूरी है। प्रशासन का कहना है कि संबंधित व्यक्ति और अन्य लोग इस जमीन पर अवैध कब्जा कर रखे हैं। कई बार नोटिस देने और कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद ही यह कार्रवाई की जा रही थी। अभी भी ले सकते मुआवजा: एचएसएसवीपी (HSVP) के अधिकारी सिद्धार्थ ने बताया कि यदि जमीन मालिक अभी भी मुआवजा लेना चाहते हैं, तो वे आवेदन कर सकते हैं। लेकिन, उन्हें वर्ष 2006 के निर्धारित रेट के अनुसार मुआवजा दिया जाएगा, जो करीब 12.50 लाख रुपए प्रति एकड़ तय किया गया था।
लुधियाना जिले के थाना जोधेवाल क्षेत्र में एक महिला के साथ रेप की कोशिश, मारपीट और लूटपाट का मामला सामने आया है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पीड़िता ने आरोप लगाया कि घटना के दौरान उसकी 10 वर्षीय बेटी भी मौजूद थी, जिसके साथ भी आरोपियों ने मारपीट की। पुलिस को दिए बयान में पीड़िता ने बताया कि वह अपनी बेटी के साथ घर की ऊपरी मंजिल पर बैठी थी। इसी दौरान उसके जेठ ने उसके साथ जबरदस्ती करने की कोशिश की और उसके कपड़े फाड़ दिए। जठानी ने मारी लोहे की रॉड महिला के मुताबिक, जब उसकी बेटी ने शोर मचाया तो उसकी जठानी वहां लोहे की रॉड लेकर पहुंची और दोनों मां-बेटी की पिटाई की। आरोप है कि आरोपियों ने बेटी के हाथ में पकड़ा सेमसंग मोबाइल फोन भी छीन लिया और धमकियां देते हुए मौके से फरार हो गए। थाना जोधेवाल पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ BNS की धाराओं 115(2), 126(2), 351(2) और 3(5) के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल आरोपी फरार बताए जा रहे हैं और उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
फोकल पॉइंट में तेज रफ्तार बाइक सवार ने झपटा मोबाइल फोन, फरार
लुधियाना| फोकल पॉइंट अधीन नीची मंगली इलाके में देर रात झपटमारी की घटना सामने आई है। एक अज्ञात मोटरसाइकिल सवार बदमाश राह चलते व्यक्ति के हाथ से मोबाइल फोन छीनकर फरार हो गया। पीड़ित कुंदन कुमार (अहलुवालियां कॉलोनी निवासी) के अनुसार, 25 मार्च की रात वह ढाबे से खाना खाने के बाद पैदल फेस-8 स्थित सिंटेक्स क्लोथिंग फैक्ट्री की ओर जा रहा था। इसी दौरान पीछे से तेज रफ्तार मोटरसाइकिल पर आए युवक ने अचानक उसके हाथ से मोबाइल फोन झपट लिया। घटना इतनी तेजी से हुई कि उसे संभलने का मौका तक नहीं मिला। पीड़ित ने शोर मचाया, लेकिन आरोपी फरार हो गया। हालांकि सूझबूझ दिखाते हुए उसने बाइक का नंबर नोट कर लिया, जो पुलिस के लिए अहम सुराग बन सकता है। जांच अधिकारी अनिल कुमार के अनुसार, पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और वाहन नंबर के आधार पर आरोपी की पहचान करने की कोशिश की जा रही है।
गुरुग्राम जिले के भोंडसी क्षेत्र में मकानों से मोबाइल चोरी के मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। उसके कब्जे से चोरी के दो मोबाइल फोन भी बरामद किए गए हैं। यह मामला 21 मार्च, 2026 को सामने आया। थाना भोंडसी में दी शिकायत में एक व्यक्ति ने बताया कि सियाराम एनक्लेव स्थित उसके और उसके पड़ोसी के मकान से अज्ञात व्यक्ति ने मोबाइल फोन चुरा लिए थे। पुलिस ने शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर जांच शुरू की। भोंडसी का रहने वाला है आरोपी मामले की गंभीरता को देखते हुए अपराध शाखा सोहना की पुलिस टीम ने तकनीकी और मानवीय स्रोतों की मदद से पुलिस ने ट्रांसपोर्ट नगर, सोहना क्षेत्र से एक संदिग्ध व्यक्ति को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान अमन के रूप में हुई है, जो भोंडसी के देवनगर पार्ट-2 का निवासी है। आरोपी पर 6 केस पहले से दर्ज पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी आपराधिक किस्म का है। उसके खिलाफ गुरुग्राम में चोरी, जान से मारने की धमकी देने और शस्त्र अधिनियम सहित विभिन्न धाराओं के तहत कुल 6 केस पहले से दर्ज हैं। दोनों मोबाइल बरामद गिरफ्तारी के बाद आरोपी की तलाशी लेने पर उसके कब्जे से चोरी किए गए दोनों मोबाइल बरामद किए गए, जिन्हें पुलिस ने जब्त कर लिया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी से पूछताछ जारी है और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस थाना सेज क्षेत्र में स्थित एयरटेल वेयरहाउस कलवाड़ा में मोबाइल टॉवर के सामान चोरी के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 2 और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इससे पहले इस मामले में 5 आरोपियों को पकड़ा जा चुका था। अब कुल 7 आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं। डीसीपी वेस्ट प्रशांत किरण ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में रूद्र प्रताप सिंह और शिवा सिंह शामिल हैं, जिन्हें 22 मार्च को गिरफ्तार किया गया। इनके कब्जे से वारदात में काम ली गई क्रेटा कार नंबर UP 32 KT 0036 को भी जब्त किया गया है। इससे पहले पुलिस एक लोडिंग वाहन (UP 32 SN 9879) भी जब्त कर चुकी है। CCTV बंद कर की गई वारदातथानाधिकारी उदय सिंह ने बताया कि घटना साला 2025 में 17 नवंबर को रात की है, जब वेयरहाउस में तैनात सुरक्षा गार्डों ने मिलीभगत कर CCTV कैमरे बंद कर दिए और बाहरी लोगों को अंदर प्रवेश दिलाया। इसके बाद आरोपियों ने वेयरहाउस से मोबाइल टॉवर में उपयोग होने वाला कीमती सामान चोरी कर लिया। वेयरहाउस मैनेजर समीर मलिक की रिपोर्ट पर 20 नवंबर को मामला दर्ज किया गया। जांच में सामने आया कि सिक्योरिटी गार्ड, सुपरवाइजर और अन्य कर्मचारियों की मिलीभगत से पूरी वारदात को अंजाम दिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने विशेष टीम का गठन किया। टीम ने CCTV फुटेज, टोल प्लाजा रिकॉर्ड और संदिग्ध मोबाइल नंबरों का विश्लेषण किया। इसके आधार पर आरोपियों के उत्तर प्रदेश, दिल्ली और गुरुग्राम में ठिकानों पर दबिश दी गई। जांच के दौरान पुलिस ने पहले 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया और अब 2 अन्य आरोपियों को पकड़ने में सफलता मिली है। गिरफ्तार आरोपी:हिमांशु, अजय प्रताप सिंह, शुभम सिंह, आयुष तिवारी, अनुज सिंह, रूद्र प्रताप सिंह और शिवा सिंह। फिलहाल दोनों नए गिरफ्तार आरोपी पुलिस हिरासत में हैं। मामले में फरार अन्य आरोपियों की तलाश जारी है और चोरी गए सामान की बरामदगी के प्रयास भी किए जा रहे हैं।
सवाई माधोपुर में रामनवमी के अवसर पर शोभायात्रा का आयोजन किया गया। यहां हर साल की तरह इस साल भी शोभायात्रा में बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। यह शोभायात्रा सवाई माधोपुर रेलवे स्टेशन स्थित राम जानकी मंदिर से शुरू हुई। इससे पहले यहां वैदिक विधि विधान से पूजा अर्चना की गई। जिसके बाद कृषि मंत्री डॉक्टर किरोडी लाल मीणा ने राम दरबार की आरती उतारी और शोभा यात्रा का शुभारंभ किया। शोभायात्रा राम जानकी मंदिर से शुरू होकर बजरिया बजरिया के मुख्य मार्गो से होते हुए हम्मीर ब्रिज, मंडी रोड, आलनपुर, जिला अस्पताल, खंडार तिराया होते हुए छोटा राजबाग मैदान पर पहुंचकर समाप्त हुई। भगवान राम और कृष्ण की सजीव झांकी सजाई इस दौरान यहां पर भगवान राम और कृष्ण की सजीव झांकी भी सजाई गई। शोभायात्रा के दौरान कैंटरों में महिलाएं हाथों में भगवा झंडा लेकर भजनों पर झूमती हुई दिखाई दी। जिससे पूरा वातावरण भक्ति में नजर आया। बच्चों को मोबाइल से दूर रहने की अपील शोभायात्रा के दौरान एक रोचक नजारा भी देखने को मिला। यहां एक साधु गले में बच्चों को मोबाइल से दूर रहने की सलाह की तख्ती टांगें दिखाई दिए। जिसे लोग पढ़ते हुए दिखाई दिए। यह साधु शोभायात्रा के दौरान लोगों के बीच आकर्षक का केंद्र रहे। रामनवमी पर आयोजित शोभायात्रा की झलकियां...
शहर में अब गाड़ी चलाते समय मोबाइल का इस्तेमाल करना भारी पड़ सकता है। ट्रैफिक पुलिस ने ऐसे लापरवाह वाहन चालकों के खिलाफ अभियान तेज कर दिया है। शहर के अलग-अलग इलाकों में टीमें तैनात कर दी गई हैं, जो टू-व्हीलर और फोर-व्हीलर चालकों पर नजर रख रही हैं। दो दिन में 80 चालान, अब और सख्तीडीसीपी (ट्रैफिक) राजेश कुमार त्रिपाठी के मुताबिक, बीते दो दिनों में मोबाइल इस्तेमाल करते पकड़े गए 80 वाहन चालकों के चालान बनाए जा चुके हैं। फिलहाल आंकड़ा कम है, लेकिन आने वाले दिनों में अभियान और तेज किया जाएगा। एक हजार रुपए का लगेगा जुर्मानाट्रैफिक पुलिस ने स्पष्ट किया है कि गाड़ी चलाते समय मोबाइल का उपयोग करते पाए जाने पर 1000 रुपए का चालान किया जाएगा। यह कार्रवाई शहरभर में लगातार जारी रहेगी। लापरवाही बन सकती है हादसे की वजहडीसीपी ने बताया कि ड्राइविंग के दौरान मोबाइल पर ध्यान देने से सड़क से फोकस हट जाता है, जिससे दुर्घटना का खतरा कई गुना बढ़ जाता है। इसलिए पुलिस न सिर्फ चालान करेगी, बल्कि लोगों को समझाइश भी देगी। अभियान रहेगा जारीट्रैफिक पुलिस की सभी टीमों को निर्देश दिए जा चुके हैं कि ट्रैफिक मैनेजमेंट के साथ-साथ इस नियम का उल्लंघन करने वालों पर सख्ती से कार्रवाई करें। आने वाले दिनों में शहर में यह अभियान और व्यापक स्तर पर चलाया जाएगा।
भागलपुर में एग्जाम देने जा रही बीए पार्ट वन की छात्रा से बाइक सवार बदमाशों ने मोबाइल छीन लिया। छीना-झपटी के दौरान बैलेंस बिगड़ने से छात्रा ऑटो से नीचे गिर गई। इस बीच ऑटो ड्राइवर भी मौके से भाग निकला। करीब आधे घंटे तक बेहोशी की हालत में सड़क पर पड़ी रही। राहगीर आते-जाते रहे, लेकिन किसी ने सुध नहीं ली। बाद में स्थानीय दुकानदारों की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया। हाथ में चोट लगी है। जानकारी मिलते ही परिवार के सदस्य मौके पर पहुंचे। फिलहाल लड़की खतरे से बाहर है। पीड़िता सुमन कुमारी जगदीशपुर इलाके की रहने वाली है। टीएनबी लॉ कॉलेज में पढ़ती है। पति से फोन पर बात कर रही थी सुमन ने बताया कि आज(गुरुवार 26 मार्च 2026) अंग्रेजी का पेपर देने के लिए जा रही थी। रास्ते में पति का फोन आया, उनसे बात करने लगी। इस बीच बाइक सवार 2 बदमाश मोबाइल छीनकर भाग निकले। पुलिस से अनुरोध है कि मेरा मोबाइल जल्द बरामद कर वापस किया जाए। शिकायत के आधार पर करेंगे कार्रवाई इस संबंध में थानाध्यक्ष सुमन राय ने बताया कि पीड़िता से दो बार संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन अब तक कोई शिकायत नहीं मिली है। शिकायत मिलने के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी।
शहडोल जिले के बुढार थाना क्षेत्र में एक मोबाइल दुकान में चोरी हुई है। चोरों ने शटर तोड़कर दुकान से लगभग डेढ़ लाख रुपए नकद और मोबाइल फोन चुरा लिए। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। घटना डिग्री कॉलेज के सामने मुन्ना लाला परिसर में स्थित आकाश गुप्ता की मोबाइल दुकान में हुई। दुकानदार रात में दुकान बंद कर घर चले गए थे। सुबह आसपास के लोगों ने दुकान का शटर टूटा देखा, जिसके बाद चोरी का खुलासा हुआ। काउंटर में रखी करीब 1.40 लाख नकदी गायब दुकानदार आकाश गुप्ता के मौके पर पहुंचने पर पता चला कि काउंटर में रखी करीब 1.40 लाख रुपये की नकदी गायब थी। यह रकम किसी व्यापारी को देने के लिए रखी गई थी। दुकानदार के अनुसार, कुछ मोबाइल फोन भी चोरी हुए हैं। सीसीटीवी कैमरे शॉर्ट सर्किट से बंद था घटना की सूचना मिलते ही बुढार थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरे शॉर्ट सर्किट के कारण पिछले कुछ दिनों से बंद थे, जिससे घटना की कोई फुटेज नहीं मिल पाई। पुलिस अब आसपास लगे अन्य सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और अज्ञात चोरों की तलाश जारी है। क्षेत्र में लगातार बढ़ रही चोरी की घटनाओं से नाराज व्यापारियों ने पुलिस से रात्रि गश्त बढ़ाने की मांग की है।
जेल में चार मोबाइल और गांजा मिला:गश्त के दौरान कुछ गिरने की अवाज आई थी,तलाशी में पैकेट मिला
अलवर के केंद्रीय कारागृह में सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करने वाला मामला सामने आया है। बुधवार देर रात करीब 1:30 से 2:00 बजे के बीच वार्ड नंबर-1 में अचानक किसी वस्तु के गिरने की आवाज सुनाई दी। मौके पर तैनात ड्यूटी कार्मिकों ने तत्काल तलाशी अभियान चलाया। तलाशी के दौरान वार्ड के शौचालय के पास झाड़ियों के निकट एक संदिग्ध पैकेट मिला। रात्रि गश्त अधिकारी की मौजूदगी में पैकेट को जब्त कर खोला गया तो उसमें चार कीपैड मोबाइल फोन और करीब 2 ग्राम गांजा जैसी नशीली वस्तु बरामद हुई। सभी मोबाइल बिना सिम के थे। बरामद सामग्री को नियमानुसार सील कर पैकेट तैयार किए गए और पूरी कार्रवाई की वीडियो रिकॉर्डिंग भी की गई। जेल प्रशासन की ओर से इसे गंभीर सुरक्षा चूक मानते हुए तुरंत पुलिस थाना शहर कोतवाली में मामला दर्ज कराया गया। पुलिस ने कारागार अधिनियम की धारा 42 और एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अब यह जांच की जा रही है कि यह प्रतिबंधित सामग्री जेल परिसर तक कैसे पहुंची और इसके पीछे कौन जिम्मेदार है।
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (यूपी बोर्ड) ने नए शैक्षिक सत्र 2026-27 के लिए सामान्य निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों का मुख्य उद्देश्य विद्यालयों में पठन-पाठन, अनुशासन और अन्य गतिविधियों को अधिक प्रभावी बनाना है। इनमें छात्रों के लिए मोबाइल फोन पर प्रतिबंध और वार्षिक परीक्षा में शामिल होने के लिए न्यूनतम 75 प्रतिशत उपस्थिति अनिवार्य करना जैसे महत्वपूर्ण प्रावधान शामिल हैं। सत्र की शुरुआत से ही कक्षा 9 के विद्यार्थियों का पंजीकरण पोर्टल पर अपलोड किया जाएगा। विद्यार्थियों के प्रवेश के समय उनके सभी विवरणों का मिलान छात्र रिकॉर्ड से अनिवार्य रूप से किया जाएगा। इसी तरह, कक्षा 10 और 12 के परीक्षा आवेदन से पहले भी अभिलेखों का सत्यापन कर अभिभावकों से प्रमाण पत्र लिया जाएगा। परिषद ने यह भी निर्देश दिया है कि विद्यार्थियों की उपस्थिति का रिकॉर्ड सत्र की शुरुआत से ही ऑनलाइन अपलोड किया जाए और वार्षिक परीक्षा में शामिल होने के लिए न्यूनतम 75 प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित की जाए। विद्यालयों में प्रतिदिन प्रार्थना सभा का आयोजन होगा, जिसमें प्रार्थना के साथ-साथ विद्यार्थियों द्वारा नैतिक, सामाजिक, पर्यावरण, स्वास्थ्य और राष्ट्र निर्माण से जुड़े विषयों पर विचार प्रस्तुत किए जाएंगे। छात्रों में समाचार पढ़ने की आदत विकसित करने के लिए रोजाना मुख्य समाचार भी सुनाए जाएंगे। मोबाइल फोन के उपयोग पर सख्ती बरतते हुए विद्यालय परिसर में विद्यार्थियों द्वारा मोबाइल लाना पूर्णतः प्रतिबंधित किया गया है। परिषद ने इसके दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के निर्देश भी दिए हैं। सप्ताह में एक दिन प्रार्थना सभा का आयोजन अंग्रेजी में किया जाएगा। 'नया सत्र नए सवेरा' कार्यक्रम के तहत जीवन के मूल्यों, अनुशासन और करियर मार्गदर्शन से संबंधित गतिविधियां संचालित की जाएंगी। विद्यार्थियों को प्रेरित करने के लिए सफल व्यक्तियों को विद्यालयों में आमंत्रित किया जाएगा। लैंगिक समानता को बढ़ावा देने के लिए विशेष कार्यक्रम आयोजित करने, सांस्कृतिक गतिविधियों में सहभागिता बढ़ाने और अभिभावक-शिक्षक बैठकों को नियमित करने पर भी जोर दिया गया है। शिक्षा सत्र का संचालन शैक्षिक कैलेंडर के अनुसार किया जाएगा। सभी शिक्षकों के लिए शिक्षक डायरी अनिवार्य की गई है, जिसका नियमित निरीक्षण किया जाएगा। विद्यार्थियों के लिए छात्र डायरी भी उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे उनकी प्रगति का मूल्यांकन किया जा सके।
पंजाब के पठानकोट में 2 दिनों में साइबर ठगी के 2 बड़े मामले सामने आए हैं। एक महिला टीचर के मोबाइल को हैकर्स ने इंस्टाग्राम लिंक से हैक कर 4.20 लाख का चूना लगाया और दूसरे मामले में एक अन्य शहरवासी से मोबाइल पर व्हाट्सएप में आरटीओ चालान का मैसेज भेज कर 5.21 लाख की ठगी की। दोनों मामलों की जांच साइबर थाना पुलिस कर रही है। बता दें कि, पठानकोट के साइबर क्राइम थाने में रोजाना ऑनलाइन और ऑफलाइन ठगी के 5-6 मामले पहुंच रहे हैं। जिसमें ठग सोशल मीडिया, फेसबुक, इंस्टाग्राम, टेलीग्राम, फर्जी कस्टमर केयर, व्हाट्सएप ग्रुपों के माध्यम से लोगों के साथ ठगी कर रहे हैं। वहीं, साइबर क्राइम थाना की ओर से लोगों को विभिन्न साधनों से जागरूक किया जा रहा है। केस नंबर - 1 जम्मू-कश्मीर के जिला कठुआ की रहने वाली अध्यापिका रीता देवी ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह अपने मोबाइल पर इंस्टाग्राम चला रही थी। इंस्टाग्राम देखते हुए उसके फोन पर एक लिंक आया। उसने जैसे ही उस पर क्लिक किया तो फोन बंद हो गया। इसके बाद उसके फोन पर ओटीपी के मैसेज आने शुरू हो गए। महिला ने शिकायत में बताया कि इसके जरिए उसके खाते से 2 ट्रांजैक्शन के जरिए 4 लाख 20 हजार रुपए निकल गए। थाना साइबर क्राइम में अज्ञात पर केस दर्ज रीता देवी का कहना है कि कुछ देर बाद उसे समझ आया कि अज्ञात लोगों ने उसके साथ ठगी की है। जिसके बाद उसने पुलिस को मामले की सूचना दी। फिलहाल थाना साइबर क्राइम में महिला रीता की शिकायत पर अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। केस नंबर - 2इसी तरह, शहर के अन्य व्यक्ति को मोबाइल पर व्हाट्सएप में आरटीओ चालान का मैसेज आया। जब उसने मैसेज के लिंक पर क्लिक किया तो वह एप फोन पर इंस्टॉल हो गया। इसके बाद उसके बैंक खाते से खुद ही पर्सनल लोन हो गया और तीन ट्रांजेक्शनों के जरिए 5.21 लाख रुपए ठगों द्वारा निकाल लिए गए। उस व्यक्ति को पैसे निकलने का फोन पर मैसेज आया तो उसे अपने साथ हुई ठगी का पता चला। उसने तुरंत पुलिस को सूचना दी। पुलिस अधिकारियों की टीम ने पीड़ित के बयान दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। व्यक्ति की पहचान गुप्त रखते हुए पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि जैसे ही पीड़ित ने व्हाट्सएप पर आए लिंक को क्लिक किया, एप उसके फोन पर खुद इंस्टॉल हो गया। इसके बाद हैकर्स को उसके फोन का एक्सेस मिल गया और उसके बैंक खाते से खुद ही पर्सनल लोन लिया गया और तीन ट्रांजैक्शनों के जरिए 5.21 लाख रुपए निकाल लिए गए। पीड़ित व्यक्ति को जागरूक लोगों ने बताया कि उसके साथ ऑनलाइन धोखाधड़ी हुई है। जिसके बाद व्यक्ति ने पुलिस को सूचना दी तो साइबर क्राइम थाने में अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू की गई। इससे पहले भी दर्ज हैं मामले रोड सिग्नल जंप करने का आया मैसेज लिंक पर क्लिक करते ही उड़े 1.40 लाख 4 महीने पहले शहर की महिला को रेड सिग्नल जंप करने का फोन पर मैसेज आया था। मैसेज में बताया गया कि गाड़ी ने रेड सिग्नल जंप किया है। साथ ही गाड़ी की फोटो देखने के लिए लिंक दिया गया था। महिला सरिता देवी ने जैसे ही भेजे गए लिंक पर क्लिक किया तो उसके फोन में एप इंस्टॉल हो गया। जिसके चंद पलों में उसके क्रेडिट कार्ड से 1.40 लाख रुपए निकल गए। सूझबूझ से बचे स्वर्णकार संघ के पूर्व प्रधान हैकर्स ने स्वर्णकार सर्राफा एसोसिएशन के पूर्व प्रधान अशोक बब्बर को उनके मोबाइल नंबर पर रेड लाइट जंप करने का व्हाट्सएप पर मैसेज भेजकर लिंक ओपन करने को कहा था। पूर्व प्रधान अशोक बब्बर ने जैसे ही लिंक खोला तो उन्हे ओटीपी आने शुरू हो गए। उनके मोबाइल, फेसबुक, इंस्टाग्राम और व्हाट्सएप के अकाउंट हैक हो गए। उन्होंने तुरंत बैंक में जाकर अपने खाते सीज करवाए। जिससे वह ठगी से बच गए। एसएसपी का लोगों को सुझाव एसएसपी पठानकोट दलजिंदर सिंह ढिल्लों ने बताया कि जो लोग साइबर ठगी के शिकार हो रहे हैं। उनमें कॉमन बात होती है कि वे लोग सोशल मीडिया का अधिक इस्तेमाल करते हैं। उन्होंने कहा कि आजकल ठगी के कुछ नए तरीके सामने आए हैं। इनमें लोग शादी के इन्वीटेशन वीडियो, गुड मॉर्निंग-गुड नाइट के मैसेज का वीडियो भेजा जाता है। क्लिक करते ही फोन हैंग हो जाता है और जिंदगी भर की कमाई ठगों के हाथों में चली जाती है। एसएसपी दलजिंदर सिंह ढिल्लों ने बताया कि अब तक सामने आए मामलों में अधिकतर लोग एंड्रायड फोन इस्तेमाल करने वाले होते हैं। आईफोन पर ठगी के मामले कम ही देखने को मिलते हैं। ऑनलाइन ठगी से सावधानी और बचाव आजकल साइबर ठगी के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं, इसलिए थोड़ी सी सावधानी आपको बड़े नुकसान से बचा सकती है। नीचे कुछ जरूरी उपाय दिए गए हैं: जरूरी सावधानियां आम ठगी के तरीके बचाव के उपाय ठगी होने पर क्या करें?
दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम (DHBVN) की टीम पर हिसार जिले में बालसमंद के बुड़ाक गांव में बिजली चोरी की जांच के दौरान हमला किया गया। टीम के सदस्यों के साथ मारपीट और बदतमीजी की गई। बता दे कि यह घटना तब हुई जब निगम की टीम बुड़ाक निवासी चांदवीर के घर बिजली लोड की जांच करने पहुंची। आरोप है कि चांदवीर, राजेश और कालू ने कुछ अन्य लोगों के साथ मिलकर टीम के सदस्यों के साथ मारपीट की और दुर्व्यवहार किया। हमलावारों ने जान से मारने की धमकी दी एसडीओ धर्मवीर द्वारा पुलिस को दी गई शिकायत के अनुसार, हमलावरों ने टीम के सदस्यों से मोबाइल फोन छीनने का भी प्रयास किया और ड्यूटी पर मौजूद कर्मचारियों को जान से मारने की धमकी दी। टीम में मनीराम, विकास जेई, पवन फोरमैन और नरेंद्र लाइनमैन शामिल थे। आरोपियों की तलाश में जुटी पुलिस बालसमंद पुलिस ने एसडीओ धर्मवीर की शिकायत पर चांदवीर, राजेश और कालू सहित तीन नामजद आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। बालसमंद चौकी प्रभारी जयबीर सिंह ने बताया कि पुलिस मामले की जांच कर रही है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। बिजली चोरी के शिकायत पर टीम कर रही थी जांच बिजली निगम के एसडीओ धर्मवीर सिंह ने बताया कि कुछ उपभोक्ता कम लोड का मीटर लगवाकर अधिक बिजली का उपयोग करते हैं, जो कि गलत है। उन्होंने कहा कि बिजली चोरी की शिकायतें मिलने पर टीमें जांच करती हैं। लोगों से जांच में सहयोग की अपील एसडीओ ने उपभोक्ताओं से अपील की कि वे समय पर अपने बिजली बिलों का भुगतान करें, अन्यथा मीटर उखाड़ लिए जाएंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि निगम के ये अभियान लगातार जारी रहेंगे और उपभोक्ताओं को जांच में सहयोग करना चाहिए।
मोतिहारी पुलिस ने ऑपरेशन मुस्कान के तहत एक बार फिर बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने चोरी हुए और गुम हुए 118 मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक मालिकों को सौंप दिए हैं। मोबाइल वापस मिलने पर लोगों ने मोतिहारी पुलिस का धन्यवाद किया। जिले में मोबाइल गुमशुदगी और चोरी की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए पुलिस अधीक्षक स्वर्ण प्रभात के निर्देश पर ऑपरेशन मुस्कान के तहत एक विशेष टीम का गठन किया गया था। इस टीम को तकनीकी और वैज्ञानिक तरीकों से खोए हुए मोबाइल फोन बरामद करने का जिम्मा सौंपा गया था। स्पेशल टीम ने की कार्रवाई, 22 लाख रुपये कीमत विशेष टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कुल 118 मोबाइल फोन बरामद किए, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 22 लाख रुपये है। पुलिस अधीक्षक स्वर्ण प्रभात ने स्वयं इन सभी मोबाइल को उनके मालिकों को लौटाया। मोबाइल प्राप्त करने वालों में 15 विद्यार्थी, 3 गृहिणी, 2 किसान, 10 सरकारी कर्मचारी, 18 व्यवसायी, 6 प्राइवेट नौकरी करने वाले, 1 वकील, 1 प्रेस से जुड़े व्यक्ति और 62 अन्य लोग शामिल थे। एसपी ने बताया कि ऑपरेशन मुस्कान के अब तक 19 चरण पूरे हो चुके हैं। इन चरणों में कुल 1857 मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं, जिनकी कुल कीमत लगभग 3 करोड़ 60 लाख 61 हजार रुपये आंकी गई है। ये सभी मोबाइल उनके असली मालिकों को सौंपे जा चुके हैं। मोबाइल को ट्रैक करने में मिलती है सहायता उन्होंने यह भी कहा कि मोतिहारी पुलिस की यह मुहिम आगे भी जारी रहेगी और आम जनता की मदद के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा। एसपी ने लोगों से अपील की कि मोबाइल खो जाने पर वे घर बैठे CEIR पोर्टल के माध्यम से शिकायत दर्ज करा सकते हैं। इससे मोबाइल को ट्रैक करने और बरामद करने में काफी सहायता मिलती है। मोतिहारी पुलिस की इस पहल से लोगों में सुरक्षा की भावना मजबूत हुई है और पुलिस की तकनीकी दक्षता भी प्रदर्शित हुई है।
साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए राज्य स्तर पर चलाए जा रहे ऑपरेशन साइबर शील्ड के तहत पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 72 लाख 60 हजार 874 रुपये की ठगी राशि होल्ड कराई, जबकि 17 लाख 13 हजार 598 रुपये पीड़ितों को वापस दिलाए एसपी सुधीर चौधरी ने बताया कि साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए राज्य स्तर पर चलाए जा रहे ऑपरेशन साइबर शील्ड के तहत अलवर पुलिस ने जिले में विशेष अभियान “साइबर संग्राम 2.0” को और अधिक प्रभावी तरीके से लागू किया है। इस अभियान का उद्देश्य साइबर अपराधों पर रोक, शिकायतों का त्वरित निस्तारण और आमजन में जागरूकता बढ़ाना है। अभियान के तहत पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 72 लाख 60 हजार 874 रुपये की ठगी राशि होल्ड कराई, जबकि 17 लाख 13 हजार 598 रुपये पीड़ितों को वापस दिलाए। इसके अलावा CEIR पोर्टल के जरिए 222 गुमशुदा मोबाइल बरामद कर परिवादियों को सौंपे गए। ये सारी कार्यवाही 1 जनवरी के बाद की है। साइबर अपराधियों के खिलाफ समन्वय पोर्टल पर 60 प्रकरण अपलोड किए गए और 78 अपराधियों को चिन्हित किया गया। वहीं 51 वारंट, नोटिस और सत्यापन के लिए अन्य राज्यों को भेजे गए। पुलिस ने 13 साइबर अपराधियों को पकड़कर दिल्ली, हरियाणा, मध्यप्रदेश, गुजरात, महाराष्ट्र, केरल और छत्तीसगढ़ पुलिस को सौंपा। साइबर जागरूकता के तहत 569 शिविर आयोजित कर 43 हजार 412 लोगों को जागरूक किया गया। साथ ही साइबर फ्रॉड में इस्तेमाल हो रहे 1 लाख 90 हजार 377 मोबाइल (सिम और आईएमईआई) ब्लॉक कराए गए। पुलिस अधीक्षक ने लोगों से अपील की है कि वे ओटीपी, पिन या बैंक डिटेल किसी से साझा न करें, अनजान लिंक या क्यूआर कोड से दूर रहें, और सोशल मीडिया पर सतर्कता बरतें। उन्होंने कहा कि लालच भरे ऑनलाइन ऑफर्स और फर्जी निवेश योजनाओं से बचना ही साइबर अपराध से सुरक्षित रहने का सबसे बड़ा उपाय है।
जोधपुर में आंध्र प्रदेश पुलिस ने स्थानीय पुलिस के सहयोग से ISIS से जुड़े एक सोशल मीडिया संगठन के युवक को पकड़ा है। उसके फोन में ISIS से जुड़े संदिग्ध वीडियो मिले हैं। जिसे वह सोशल मीडिया के जरिए ग्रुपों में शेयर कर युवाओं का ब्रेनवॉश करता था। आरोपी पहले से जेल में बंद ISIS से जुड़े लोगों के संपर्क में था। दरअसल बीते दिनों आंध्रप्रदेश के विजयवाड़ा की पुलिस ने ISISI कट्टरपंथी विचारधारा ग्रुप से जुड़े एक युवक को पकड़ा था। उन युवकों से पूछताछ की गई तो यहां जोधपुर के नई सड़क निवासी युवक जीशान (19) का कनेक्शन भी सामने आया। इसके बार मंगलवार की शाम को विजयवाड़ा से पुलिस यहां पहुंची और स्थानीय सदर बाजार थाना अधिकारी माणक राम की टीम के साथ उसे देर रात पकड़ लिया। हालांकि युवक इतना शातिर था कि उसने अपने मोबाइल से जुड़े कट्टरपंथ के वीडियो ओर देश विरोधी गतिविधियों से जुड़ा कंटेंट डिलीट कर दिया था, लेकिन पुलिस ने उसके मोबाइल में डेटा रिकवर कर लिया। इसमें सामने आया कि वो एक BENX ग्रुप से जुड़ा हुआ था। जिसमे कट्टरपंथी विचारधारा से जुड़ा कॉन्टेंट शॉर्ट वीडियो ओर वॉयस नोट अपलोड करता था। उसे हैंडल करने वाले हैंडलर ने पहले उसकी परीक्षा भी ली थी। जिसमें सफल होने के बाद उसे उस ग्रुप का एडमिन बना दिया था। जिसके बाद वो अन्य युवकों को कट्टरपंथी विचारधारा से जोड़ने लगा। हालांकि अब तक की पूछताछ में उसने स्पष्ट नहीं बताया है, लेकिन पुलिस के मुताबिक करीब दो साल से वो ग्रुप से जुड़ा हुआ था। उससे पूछताछ के बाद उसके अन्य संपर्कों का भी खुलासा हो सकेगा। हालांकि वह कितना शातिर था कि जब उसका एक साथी विजयवाड़ा से पुलिस की गिरफ्त में आया तो उसने उसे ग्रुप से लेफ्ट भी हो गया था। बताया ज्यादा ग्रुप में कहीं अन्य देशों के कट्टर पंथी भी जुड़े हुए थे हालांकि इसकी पूरी पड़ताल की जा रही है, लेकिन जिस तरह से इस पूरे नेटवर्क का खुलासा हुआ कहीं और नाम भी सामने आ सकते हैं। युवक की जोधपुर के नई सड़क सोजती गेट नेशनल हैंडलूम के पास में मकान है जहां कुछ माह पूर्व उनकी बिल्डिंग गिर गई थी। --- ये खबर भी पढ़ें लड़ाकू विमानों की लोकेशन पाक हैंडलर्स को भेज रहा था:एयरफोर्स स्टेशन की गोपनीय जानकारियां भी दीं; 2023 से ISI के संपर्क में था सरकारी कर्मचारी राजस्थान की इंटेलीजेंस टीम ने जासूसी के आरोप में सरकारी कर्मचारी को असम के चबुआ एयरफोर्स स्टेशन से गिरफ्तार किया है। आरोपी भारतीय वायुसेना से जुड़ी संवेदनशील जानकारियां पाकिस्तान के हैंडलर्स तक पहुंचा रहा था। उसने लड़ाकू विमानों की लोकेशन, मिसाइल सिस्टम और अधिकारियों-कर्मचारियों से संबंधित गोपनीय जानकारी भी साझा की थी। (पूरी खबर पढ़ें)
हरदोई के मेडिकल कॉलेज में बुधवार दोपहर एक व्यक्ति का मोबाइल चोरी करते हुए एक युवक को रंगे हाथ पकड़ा गया। शोर मचाने पर आसपास के लोगों ने उसे दबोच लिया और पुलिस को सौंप दिया। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है। यह घटना हरदोई के मेडिकल कॉलेज में हुई। बेहटा गोकुल थाना क्षेत्र के ग्राम रसूलपुर निवासी रामदीन अपनी और अपनी मां की दवा लेने के लिए मेडिकल कॉलेज आए थे। वे हड्डी वार्ड के कक्ष संख्या चार के सामने डॉक्टर को दिखाने के लिए लाइन में लगे थे। इसी दौरान एक युवक ने रामदीन की जेब से मोबाइल निकाल लिया। आहट होने पर रामदीन ने अपनी जेब जांची तो मोबाइल गायब मिला। उन्होंने तुरंत शोर मचाया, जिसके बाद एक युवक तेजी से भागने लगा। रामदीन ने भागते हुए युवक को आवाज लगाई। आरोपी ने भागते समय मोबाइल फोन फेंक दिया। मौके पर मौजूद लोगों ने युवक को पकड़ लिया। मेडिकल कॉलेज के गार्ड मौके पर पहुंचे और आरोपी को मेडिकल कॉलेज स्थित पुलिस सहायता केंद्र ले गए। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है। शहर कोतवाल संजय त्यागी ने बताया कि आरोपी से पूछताछ की जा रही है।
हनुमानगढ़ टाउन थाना पुलिस ने एक युवक को पाकिस्तानी आतंकी से सोशल मीडिया पर संपर्क करने के आरोप में हिरासत में लिया है। युवक की पहचान किशनपुरा दिखनादा निवासी जसवंत कुमार उर्फ सोनू के रूप में हुई है। टाउन थाना प्रभारी अशोक बिश्नोई ने जसवंत कुमार उर्फ सोनू और पाकिस्तानी आतंकी शहजाद भट्टी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज करवाया है। आतंकी से 2 बार संपर्क कियाप्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी इंस्टाग्राम के जरिए पाकिस्तानी आतंकी शहजाद भट्टी से संपर्क साधने का प्रयास कर रहा था। पुलिस के अनुसार, जसवंत कुमार ने अपनी इंस्टाग्राम आईडी से आतंकी शहजाद भट्टी की आईडी पर 2 बार संपर्क किया। उसने चैट में अपना मोबाइल नंबर भेजते हुए लिखा था, भाई कॉन्टेक्ट करो, मुझे जरूरी काम है। हथियारों की फोटो-वीडियो भी शेयर कीइसके अलावा आरोपी ने आतंकी शहजाद भट्टी की आईडी पर पोस्ट किए गए हथियारों और अन्य आपत्तिजनक वीडियो-फोटो को अपनी इंस्टाग्राम आईडी से सार्वजनिक रूप से साझा भी किया। इन वीडियो में हथियार लोड करने और एके-47 जैसी राइफल से फायरिंग के दृश्य शामिल थे। पुलिस ने इन गतिविधियों को संदिग्ध और गंभीर प्रकृति का बताया है। आरोपी युवक हिरासत में, जांच जारीसूचना मिलते ही पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए जसवंत कुमार को हिरासत में ले लिया और उससे पूछताछ शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में आरोपी के मकसद और किसी बड़े नेटवर्क से उसके संभावित संबंधों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। इस मामले की जांच एसआई मोहर सिंह को सौंपी गई है, जो तकनीकी पहलुओं और सोशल मीडिया गतिविधियों की गहनता से पड़ताल कर रहे हैं। थाना प्रभारी अशोक बिश्नोई ने यह भी स्पष्ट किया कि दोषी पाए जाने पर आरोपी के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सिरसा शहर में चोरी का अजीब मामला सामने आया है। रस्म पगड़ी वाले घर में किसी ने सेंधमारी कर दी। पूरा परिवार घर में सोया हुआ था और रात्रि को किसी ने सभी के मोबाइल चुरा लिए। ऐसे में पूरे गांव में यह चर्चा का विषय बन गया है और चोर का अभी तक पता नहीं चल पाया है। किसी जानकार पर ही शक जताया जा रहा है, क्योंकि हर किसी के लिए अंदर आना मुश्किल है। जानकारी के अनुसार, आज बुधवार को गांव स्थित घर में रस्म पगड़ी का कार्यक्रम रखा गया है। इसके चलते गांव व बाहर वालों का भी आना-जाना लगा रहता है। गांव में ही ऐसी चोरी पहली बार हुई है। इसकी शिकायत पुलिस को दी गई है। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया है और फोन को ट्रैस लगवा दिया है। रात में सोया हुआ था परिवार पुलिस को दी शिकायत में संदीप कुमार, प्रेम कुमार, संदीप, प्रकाश, अजय, शीशपाल, सोनू का कहना है कि वह कंगनपुर के रहने वाले हैं, उनमें से शीशपाल की माता का 19 मार्च को स्वर्गवास हो गया था, इसलिए वे सभी शीशपाल के घर गांव में मृत्यु शोक में परिवार सहित बैठने के लिए आए हुए थे। इसी दौरान रात्रि को सोए हुए थे और सभी के मोबाइल अपने-अपने पास ही थे। सभी के मोबाइल चुराकर फरार जब सुबह वह सभी उठे, तो सभी के मोबाइल चोरी हो गए। 7 लोगों में से किसी के पास मोबाइल नहीं था, जोकि पास के चार कमरों में से चोरी किए हैं। इसके बाद अपने स्तर पर फोन तलाशे, पर उनका कोई पता नहीं चला। उन्हें शक है कि कोई व्यक्ति घर से मोबाइल चोरी कर ले गया। इसके बाद पुलिस को सूचना दी।
नवरात्रि के दौरान जालंधर के श्री देवी तालाब मंदिर में एक श्रद्धालु का मोबाइल चोरी हो गया। यह घटना मंगलवार रात उस समय हुई जब श्रद्धालु प्रसाद ले रहा था। चोरी की यह वारदात मंदिर में लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई है। संतोखपुरा निवासी सागर ने बताया कि उनके पिता रोमी परिवार के साथ मंदिर में माथा टेकने गए थे। कीर्तन सुनने के बाद उनके पिता प्रसाद लेने के लिए लाइन में लगे थे। इसी दौरान उनके पीछे खड़े एक व्यक्ति ने भीड़ का फायदा उठाकर उनकी जेब से मोबाइल निकाल लिया। मोबाइल की कीमत 40 हजार रुपये चोर वारदात को अंजाम देकर मौके से फरार हो गया। मंदिर से बाहर निकलने पर रोमी ने जब फोन करने के लिए अपना मोबाइल देखा तो वह जेब में नहीं था। चोरी हुए मोबाइल की कीमत 40 हजार रुपये बताई जा रही है। इसको लेकर अभी जांच चल रही है। फुटेज में साफ नजर आया चोर पीड़ित ने मंदिर में मौजूद पुलिस टीम और संबंधित थाना पुलिस को घटना की सूचना दी। पुलिस ने सुबह सीसीटीवी फुटेज देखने को कहा। फुटेज खंगालने पर एक व्यक्ति चोरी की वारदात को अंजाम देता साफ दिखाई दिया। पीड़ित ने चोर के खिलाफ उचित कार्रवाई की मांग की है।
फरीदकोट की केंद्रीय मॉडर्न जेल में बंद कैदियों और हवालातियों से मोबाइल फोन और अन्य पाबंदीशुदा सामान बरामद होने का सिलसिला लगातार जारी है। मंगलवार रात जेल प्रशासन द्वारा विभिन्न बैरकों की तलाशी के दौरान एक बार 6 मोबाइल फोन बरामद किए गए है और इस संबंध में जेल प्रशासन की शिकायत पर थाना सिटी फरीदकोट पुलिस ने 6 हवालातियों के खिलाफ दो अलग-अलग केस दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। हरियाणा का रहने वाला है एक हवालाती पुलिस को दी पहली शिकायत में जेल के सहायक अधीक्षक भिवम तेज सिंगला ने बताया कि जेल कर्मचारियों द्वारा अचानक की गई तलाशी के दौरान हरियाणा के भवाना निवासी हवालाती अमित उर्फ छोटू के पास से एक मोबाइल फोन बरामद हुआ। वहीं दूसरी शिकायत के अनुसार सहायक सुपरिंटेंडेंट गुरचरण सिंह की निगरानी में जेल की अलग-अलग बैरकों की जांच की गई। इस दौरान कोटकपूरा निवासी गगनदीप सिंह, अनमोल सिंह, फाजिल्का निवासी राज सिंह, मुक्तसर निवासी धर्मपाल तथा फरीदकोट के गांव हरीनौ निवासी गुरमनदीप सिंह से एक-एक मोबाइल फोन बरामद किया गया। दोनों मामलों में थाना सिटी पुलिस ने उक्त कुल 6 हवालातियों के खिलाफ केस दर्ज किए गए है। नामजद हवालातियों को प्रोडक्शन वारंट पर लाएगी पुलिस: डीएसपी इस मामले में डीएसपी तरलोचन सिंह ने बताया कि पुलिस द्वारा अब नामजद हवालातियों को प्रोडक्शन वारंट पर लाकर पूछताछ की जाएगी। यह भी जांच की जाएगी कि जेल के अंदर मोबाइल फोन कैसे पहुंचे। यदि किसी जेल अधिकारी या कर्मचारी की संलिप्तता सामने आती है, तो उसके खिलाफ भी केस दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
अशोकनगर में मोबाइल टावर के नीचे लगी आग:दमकल की पाइप फटी, पुलिस-स्थानीय लोगों की मदद से पाया काबू
अशोकनगर शहर की छैघरा कॉलोनी में रेलवे स्टेशन के पास जैन मंदिर परिसर में मंगलवार देर रात मोबाइल टावर के नीचे आग लग गई। कुछ ही मिनटों में आग की लपटें टावर के आसपास फैल गईं और नीचे रखा सामान जलने लगा। स्थानीय लोगों ने तुरंत फायर ब्रिगेड और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पुलिस और फायर ब्रिगेड पहुंची। हालांकि, दमकल की गाड़ी थोड़ी दूर खड़ी होने के कारण पानी तेज प्रेशर से पहुंचाया जा रहा था, लेकिन बीच में पाइप फट गई। स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से पानी को आग तक पहुंचाया गया और थोड़ी ही देर में आग पर काबू पा लिया गया। इस आग में मोबाइल टावर और कुछ सामान जलकर नष्ट हो गए। दमकल की पाइप फटने से व्यवस्था पर उठे सवालखुशकिस्मती रही कि आग लगने के आसपास खाली जगह थी। अगर वहां घर होता तो आग और फैल सकती थी। स्थानीय लोगों ने दमकल की पाइप फटने पर नगर पालिका की रखरखाव व्यवस्था पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि अगर उपकरण समय पर जांचे जाते तो आग बुझाने में परेशानी नहीं होती।
12 साल के बच्चे को धमकाकर मोबाइल और नकदी लूटी, 1 काबू
भास्कर न्यूज |लुधियाना टिब्बा क्षेत्र में बाइक सवार दो लुटेरों ने 12 साल के बच्चे को जान से मारने की धमकी देकर उसका मोबाइल और नकदी छीन ली। वारदात 10 मार्च की शाम को न्यू अमरजीत कॉलोनी में हुई है। मामले में थाना टिब्बा की पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि दूसरा अभी फरार है। थाना टिब्बा की पुलिस को दी शिकायत में महिला गुंजा शर्मा ने बताया कि 10 मार्च को उनका 12 साल का बेटा घर के बहार खड़ा होकर फोन पर गेम खेल रहा था। जिसके कवर में 2000 रुपए की नकदी रखी हुई थी। इसी दौरान मोटरसाइकिल पर सवार दो युवक वहां आए और बच्चे को घेर लिया। आरोपियों ने लोहे के दातर से हमला करने का डर दिखाकर उसे जान से मारने की धमकी दी और मोबाइल व नकदी छीनकर मौके से फरार हो गए। घटना के बाद परिवार ने अपने स्तर पर जांच की, जिसमें एक आरोपी की पहचान हरदेव सिंह के रूप में हुई। सूचना मिलते ही पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से एक ओप्पो मोबाइल फोन और वारदात में इस्तेमाल किया गया लोहे का दातर बरामद किया गया है। जांच अधिकारी गुरदयाल सिंह ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ की जा रही है और फरार साथी की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है, जिसे जल्द ही काबू कर लिया जाएगा।
बागपत के बड़ौत कोतवाली क्षेत्र में दो साल पहले हुए उमर हत्याकांड में न्यायालय ने चार आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही प्रत्येक पर 48 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। यह फैसला साक्ष्यों और गवाहों की गवाही के आधार पर सुनाया गया। सजा पाने वाले दोषियों में शफीक उर्फ हड्डी, समीर, कदीम और तौफीक शामिल हैं। पुलिस द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों को अदालत ने पर्याप्त मानते हुए सभी को दोषी ठहराया। यह घटना 12 अप्रैल को बड़ौत कोतवाली क्षेत्र में हुई थी, जहां मोबाइल को लेकर हुए विवाद में उमर की चाकू मारकर हत्या कर दी गई थी। इस संबंध में मृतक के भाई वाजिद ने मुकदमा दर्ज कराया था। अपर जिला शासकीय अधिवक्ता अशोक सैनी ने बताया कि गवाहों के बयानों और ठोस साक्ष्यों के आधार पर न्यायालय ने दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
कपूरथला निवासी सिविल सर्जन डॉ. राजीव का मोबाइल हैक हो गया है। हैकर्स ने उनके परिचितों को व्हाट्सएप पर आपातकालीन स्थिति का हवाला देते हुए पैसों की मांग वाले संदेश भेजे, जिससे हड़कंप मच गया। अधिकारी और उनके परिवार ने तत्काल परिचितों को सतर्क किया और साइबर क्राइम विभाग में शिकायत दर्ज कराई है। फिरोजपुर में तैनात सिविल सर्जन डॉ. राजीव निवासी अर्बन एस्टेट कपूरथला का मोबाइल मंगलवार की दोपहर हैक हुआ। हैकरों ने उनकी कॉन्टैक्ट लिस्ट में मौजूद लोगों को व्हाट्सएप पर संदेश भेजकर 65 हजार रुपए की तत्काल आवश्यकता बताई। उन्होंने पैसे 9250828580 नंबर के फोन-पे पर भेजने का अनुरोध किया और दो घंटे में रकम लौटाने का वादा किया। परिचितों ने किया संपर्क करने का प्रयास व्हाट्सएप पर आए इन संदेशों को देखकर परिचितों ने पहले चिंता व्यक्त की और डॉ. राजीव से संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन मोबाइल हैक होने के कारण बात नहीं हो सकी। बाद में उनके परिवार से संपर्क करने पर पता चला कि मोबाइल हैक हो चुका है और ऐसे किसी भी संदेश को नजरअंदाज करने की अपील की गई। डॉ. राजीव की पत्नी डॉ. ममता ने बताया कि सभी जानकारों को तुरंत अलर्ट कर दिया गया है कि सब कुछ ठीक है और कोई भी व्यक्ति दिए गए नंबर पर पैसे न भेजे। उन्होंने यह भी पुष्टि की कि मामले की शिकायत ऑनलाइन साइबर क्राइम को दे दी गई है और संबंधित मोबाइल नंबर की जानकारी भी साझा की गई है। डीएसपी दलजीत सिंह ने लोगों से अपील की है कि ऐसे संदेश मिलने पर सतर्क रहें और बिना पुष्टि किए किसी को भी पैसे ट्रांसफर न करें। उन्होंने ऐसे मामलों में ऑनलाइन हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी।
हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले के साहूवाल में दो महिलाओं के साथ हुई स्नैचिंग मामले में हरोली थाना पुलिस ने पंजाब के होशियारपुर जिले की गढ़शंकर तहसील के टूटू माजरा गांव से दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। बता दें कि, 15 फरवरी की सुबह लगभग 11 बजे बीटन गांव की दो महिलाएं साहूवाल में बस का इंतजार कर रही थी। इसी दौरान दो अज्ञात बाइक सवारों ने पहले महिला के कानों की बालियां छीनने का प्रयास किया, जो असफल रहा। इसके बाद उन्होंने महिला के हाथ से पर्स छीन लिया और पंजाब की ओर फरार हो गए। पीड़ित महिला ने तुरंत हरोली पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई। मामले की जांच ASI दीपक कुमार को सौंपी गई। उन्होंने अपनी टीम के साथ घटनास्थल का निरीक्षण किया और लगातार तीन दिनों तक उस क्षेत्र के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। फुटेज के आधार पर पुलिस ने दोनों आरोपियों की पहचान की। वारदात में इस्तेमाल बाइक बरामद हरोली थाना प्रभारी सुनील कुमार संख्यान के नेतृत्व में पुलिस टीम ने गढ़शंकर के टूटू माजरा गांव से पहले आरोपी वरिंदर सिंह को गिरफ्तार किया। पुलिस ने उससे चोरी का एक मोबाइल और वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक बरामद की। वरिंदर सिंह को पिछले दिन कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। इसके बाद हरोली पुलिस दूसरे आरोपी की तलाश में थी। ASI दीपक कुमार के नेतृत्व में गई पुलिस टीम ने पंजाब के टूटू माजरा से दूसरे आरोपी हरजीत सिंह उर्फ बिल्ला को भी गिरफ्तार कर लिया। हरजीत सिंह होशियारपुर जिले की गढ़शंकर तहसील के जैजो दोआबा का निवासी है। पुलिस ने उससे दूसरा मोबाइल फोन भी बरामद किया है। ऊना के एसपी सचिन हिरेमठ ने बताया कि पुलिस ने स्नैचिंग की इस वारदात को सफलतापूर्वक ट्रेस आउट कर लिया है और दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है।
राजधानी के न्यू राजेंद्र नगर इलाके में एक किराना कारोबारी से साइबर ठगों ने 4.65 हजार की ठगी कर ली। ठगों ने 'APK फाइल' के जरिए कारोबारी का मोबाइल हैक कर लिया और महज 24 घंटे के भीतर उनके छह अलग-अलग बैंक खातों से 4 लाख 65 हजार रुपये पार कर दिए। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। पीड़ित कारोबारी का नाम पुलिस द्वारा कमल शादिजा बताया जा रहा है। अब पढ़े क्या है पूरा मामला पीड़ित कारोबारी कमल शादिजा ने पुलिस को बताया, कि वो राजेंद्र नगर इलाके में कमल ट्रेडर्स के नाम से किराना दुकान चलाते है। 10 मार्च 2026 की सुबह उनके मोबाइल पर एक अनजान लिंक आया था। जैसे ही उन्होंने उस APK फाइल पर क्लिक किया, उनका फोन हैक हो गया। इसके बाद ठगों ने उनके मोबाइल से लिंक यूपीआई (UPI), गूगल पे और पेटीएम का एक्सेस हासिल कर लिया। हैकर्स ने 10 मार्च से 11 मार्च के बीच पीड़ित के एक्सिस बैंक, एसबीआई और बैंक ऑफ बड़ौदा के खातों में सेंध लगाई और 4,65,000 रुपए अकाउंट से निकाल लिए। कारोबारी को मैसेज आया, तो उन्होंने डर के मारे अपना मोबाइल फॉर्मेट कर दिया और घटना की जानकारी पुलिस को दी है। पुलिस ने कारोबारी की शिकायत पर केस दर्ज करके जांच शुरु कर दी है। पुलिस ने अंजान लिंक ना खोलने की दी सलाह पुलिस अधिकारियों ने किसी भी अनजान नंबर से आए .apk फाइल या शॉर्ट लिंक पर क्लिक न करने की सलाह दी है। पुलिस के अनुसार ये फाइलें आपके फोन में 'मिररिंग ऐप' या 'रिमोट एक्सेस' सॉफ्टवेयर इंस्टॉल कर देती हैं। जिससे ठग घर बैठे आपके ओटीपी (OTP) और बैंक डिटेल्स देख लेते हैं। पुलिस अधिकारियों ने घटना होने पर स्थानीय पुलिस 1930 नंबर पर कॉल करने और www.cybercrime.gov.in पर शिकायत करने की सलाह दी है।
इंदौर में डिलीवरी बॉय पर FIR:ई-कॉमर्स रिटर्न पार्सलों से मोबाइल गायब मिले, कई आरोपी नामजद
इंदौर के परदेशीपुरा थाना पुलिस ने ई-कॉमर्स कंपनी के रिटर्न पार्सलों से मोबाइल गायब कर धोखाधड़ी करने के मामले में डिलीवरी बॉय सहित अन्य आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। शिकायत कंपनी के असिस्टेंट मैनेजर योगेंद्र सिंह राठौर ने दर्ज कराई। 34 मोबाइल रिटर्न पार्सलों से गायब पाए गए शिकायत के अनुसार पिछले 2-3 महीने में कंपनी के पास लौटे 34 मोबाइल पार्सलों में नहीं मिले। इनकी अनुमानित कीमत करीब 10 लाख 30 हजार रुपए बताई गई है। बॉक्स में केवल ब्लूटूथ डिवाइस पाए गए। जांच में सामने आया कि पार्सलों की डिलीवरी के दौरान मोबाइल बदले गए। कुछ पार्सल बिना नाम, मोबाइल नंबर और पते वाले व्यक्तियों को दिए गए थे। मयूर वर्मा और नितेश कोरी से पूछताछ पुलिस ने मयूर वर्मा और नितेश कोरी से पूछताछ की। मयूर ने 9 मोबाइल संदिग्ध व्यक्तियों को देने की बात बताई, जबकि अन्य डिलीवरी नितेश द्वारा की गई थीं। शिकायतकर्ता ने बताया कि दोनों आरोपियों के साथ अन्य लोग भी इस रैकेट में शामिल हैं। पुलिस ने सभी के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। कनाड़िया में ट्रक से लाखों के पार्सल चोरी कनाड़िया थाना क्षेत्र में बदमाशों ने चलते ट्रक का लॉक तोड़कर लाखों रुपए के पार्सल चोरी कर लिए। पुलिस ने ट्रक चालक की शिकायत पर मामला दर्ज किया है। पंजाब निवासी ट्रक चालक अमरेंद्र सिंह ने बताया कि वह डाकाच्या वेयरहाउस से माल लेकर औरंगाबाद जा रहा था। रास्ते में पीछे आ रहे वाहन चालक ने गेट खुला होने का इशारा किया। जांच में 12 पार्सल बॉक्स गायब मिले ट्रक रोककर जांच करने पर अंदर से 12 पार्सल बॉक्स और बोरे गायब पाए गए। घटना के बाद ट्रक मालिक को सूचना दी गई। कनाड़िया पुलिस ने अज्ञात बदमाशों के खिलाफ चोरी का मामला दर्ज कर लिया है और आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।
पलवल जिले के हथीन-गढ़ी विनोदा मार्ग पर स्कूटी सवार एक युवक से मोबाइल फोन छीनने का मामला सामने आया है। नकाबपोश बाइक सवार दो बदमाशों ने इस वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। यह घटना सोमवार देर शाम की है, जब मानपुर गांव निवासी महीपाल अपने पिता के साथ स्कूटी पर गढ़ी विनोदा स्थित अपने प्लॉट पर जा रहा था। महीपाल स्कूटी पर पीछे बैठा था और अपना मोबाइल फोन देख रहा था। पीछे से आए दो बाइक सवार बदमाश तभी पीछे से एक बाइक पर सवार दो युवक आए और महीपाल के हाथ से मोबाइल फोन झपटकर फरार हो गए। अंधेरा होने और बाइक की तेज रफ्तार के कारण पीड़ित आरोपियों को पहचान नहीं सका। हथीन थाना प्रभारी हरी किशन ने बताया कि महीपाल की शिकायत पर पुलिस ने संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस टीम लुटेरों की तलाश में जुटी हुई है और जल्द ही आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के आधार पर उनकी पहचान कर गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
झांसी में जीआरपी ने सराहनीय काम करते हुए लाखों रुपए के गुम हुए मोबाइल फोन बरामद कर उनके असली मालिकों को सौंप दिया। जीआरपी थाना झांसी की टीम ने करीब 27 लाख रुपए कीमत के मोबाइल फोन खोजकर यात्रियों को वापस लौटाए, जिससे उनके चेहरों पर खुशी लौट आई।एसपी जीआरपी विपुल कुमार श्रीवास्तव ने पत्रकार वार्ता में बताया कि ये मोबाइल फोन यात्रियों द्वारा सफर के दौरान लापरवाही में कहीं गिर गए या छूट गए थे। शिकायत मिलने के बाद जीआरपी टीम ने तकनीकी सर्विलांस और लगातार प्रयासों के जरिए इन मोबाइल फोनों को ट्रेस किया।उन्होंने बताया कि बरामद किए गए सभी मोबाइल फोनों की विधिवत पहचान कर उनके मालिकों को बुलाकर सुपुर्द किया गया। अपने खोए हुए मोबाइल वापस मिलने पर यात्रियों ने जीआरपी टीम का आभार जताया।एसपी ने यात्रियों से अपील की कि यात्रा के दौरान अपने सामान, खासकर मोबाइल फोन, का विशेष ध्यान रखें ताकि ऐसी घटनाओं से बचा जा सके। जीआरपी के फोन करते ही थाने में जमा कर गए मोबाइलएसपी जीआरपी ने बताया कि उनकी टीम ने उत्तर प्रदेश के साथ-साथ अन्य राज्यों से भी गुम हुए मोबाइल फोन बरामद किए हैं। कार्रवाई के दौरान कुछ ऐसे मामले भी सामने आए, जहां लोगों को रास्ते में मोबाइल फोन मिले और उन्होंने उन्हें इस्तेमाल करना शुरू कर दिया। जैसे ही उन मोबाइल फोनों को चालू किया गया, तकनीकी सर्विलांस के जरिए जीआरपी को उनकी लोकेशन मिल गई। इसके बाद संबंधित लोगों से संपर्क कर उन्हें बताया गया कि वे जिस मोबाइल का उपयोग कर रहे हैं, वह गुमशुदा/चोरी का है।सूचना मिलते ही कई लोग खुद जीआरपी थाने पहुंचे और मोबाइल फोन जमा कर दिए।
कॉपी जांच में लापरवाही पर DEO सख्त, मोबाइल लेकर पहुंचे थे शिक्षक
रांची| झारखंड एकेडमिक काउंसिल (JAC) द्वारा आयोजित मैट्रिक और इंटर परीक्षा की उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन कार्य में लापरवाही सामने आने के बाद जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO) विनय कुमार ने सख्त रुख अपनाया है। सोमवार को उन्होंने राजधानी रांची स्थित मारवाड़ी कॉलेज मूल्यांकन केंद्र का औचक निरीक्षण किया, जहां कई अनियमितताओं पर नाराजगी जताई गई। निरीक्षण के दौरान DEO ने पाया कि कॉपी जांच में लगे कई शिक्षक मोबाइल फोन लेकर मूल्यांकन कार्य कर रहे थे, जबकि इसके लिए स्पष्ट रूप से मनाही है। इस पर उन्होंने कड़ी फटकार लगाते हुए कहा कि जब मोबाइल लाने पर प्रतिबंध है, इसके बावजूद इसे लाना अनुशासनहीनता है और इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। निरीक्षण में यह भी सामने आया कि कई शिक्षक निर्धारित समय पर मूल्यांकन केंद्र नहीं पहुंच रहे हैं। DEO ने सख्त नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि मूल्यांकन कार्य समयबद्ध तरीके से पूरा करना प्राथमिकता है, इसलिए सभी शिक्षकों को तय समय का पालन करना ही होगा। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि “समय पर उपस्थित होकर ही मूल्यांकन कार्य को गति दी जा सकती है, अन्यथा पूरी प्रक्रिया प्रभावित होगी।” DEO ने केंद्र पर मौजूद अधिकारियों और शिक्षकों को चेतावनी दी कि मूल्यांकन के दौरान तय दिशा-निर्देशों का पालन अनिवार्य है। मोबाइल फोन पर प्रतिबंध, समयपालन और अनुशासन जैसे नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है। उन्होंने कहा कि परीक्षा के परिणाम समय पर जारी करने के लिए मूल्यांकन को समय सीमा के भीतर पूरा करना जरूरी है।
टॉयलेट में मोबाइल इस्तेमाल करने की आदत बिगाड़ देगी सेहत, शरीर बन जाएगा बीमारियों का घर
हाई टेक्नोलॉजी की दुनिया में लोगों के लिए मोबाइल से 5 मिनट भी दूर रह पाना मुश्किल है। रील देखने और सोशल मीडिया चलाने की लत इतनी ज्यादा लग चुकी है कि लोग टॉयलेट में भी मोबाइल को अपने साथ लेकर जाते हैं और जरूरत से ज्यादा समय वही बिता देते हैं।
महिलाओं के मोबाइल पर बैन : जब चौपाल संविधान से ऊपर बैठ जाए
राजस्थान के जालोर जिले के जसवंतपुरा क्षेत्र के गाजीपुरा गांव में आयोजित एक सामाजिक पंचायत के पंच-पटेलों ने महिलाओं और बेटियों के लिए कैमरा युक्त मोबाइल फोन के उपयोग पर प्रतिबंध लगा दिया। महिलाएं मोबाइल फोन को सार्वजनिक समारोहों के साथ-साथ पड़ोसियों के घर जाने के दौरान भी नहीं ले जा सकेंगी। यह पाबंदी किसी ... Read more
'कल्कि 2898 AD' के ट्रेलर रिलीज के वक्त मोबाइल फेंकने जा रहे थे अमिताभ बच्चन, खुद बताया पूरा किस्सा
बॉलीवुड फिल्मों के जाने माने मशहूर अभिनेता अमिताभ बच्चन वैसे तो अक्सर ही खबरों में बने रहते हैं. लेकिन इस बार उनके क्रेज का कारण उनका जबरदस्त एक्शन अवतार है. हिंदी फिल्मों के एंग्री यंगमैन कहे जाने वाले अमिताभ बच्चन अपनी नई फिल्म 'कल्कि 2898 AD' के ट्रेलर में एक विस्फोटक एक्शन अवतार में दिखाई दे रहे हैं. निर्देशक नाग अश्विन की इस पैन इंडिया फिल्म में कई लोगों को अमिताभ का एक्शन अवतार, फिल्म के हीरो प्रभास से भी अधिक दमदार लग रहा है. लेकिन इस ऑनस्क्रीन एक्शन अवतार का प्रभाव शायद बच्चन साहब को रियलिटी में भी फील होने लगा है. इधर 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर रिलीज हुआ तथा उधर अमिताभ बच्चन अपने फोन से इतने नाराज हो गए कि उसे तोड़ने की बात कह गए. अपने ब्लॉग पर 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर साझा करते हुए बताया कि वो अपने मोबाइल से फ्रस्ट्रेट हो गए हैं. उन्होंने ब्लॉग पोस्ट में लिखा, 'अपना फोन ठीक करने की बड़ी कोशिश कर रहा हूं... पहले से जो सेट था, अचानक बदल गया. तो हर तरफ से मदद लेने का प्रयास कर लिया, लेकिन नाकाम रहा... बहुत फ्रस्ट्रेटिंग है ये... चाह रहा था कि इंग्लिश और हिंदी टाइपिंग, दोनों हों. इंग्लिश में एक हिंदी वर्ड लिखूं और वो देवनागरी में आ जाए... मगर कई घंटे लिंक्स और एक्स्पेरिमेंट्स फॉलो करने के बाद, अब मैं खिड़की से बाहर फेंककर अपना फोन तोड़ डालने के बहुत करीब हूं.' कुछ देर पश्चात् बच्चन साहब ने साफ किया कि वो सच में अपना मोबाइल नहीं फेंकने जा रहे, बस गुस्सा जाहिर कर रहे हैं. उन्होंने लिखा, 'नहीं नहीं नहीं... ऐसी किस्मत कहां... बस गुस्सा निकाल रहा हूं.' अपने ब्लॉग पोस्ट में अमिताभ ने ये भी कहा कि 'कल्कि 2898 AD' एवं 'Section 84 IPC' के पश्चात्, वो समझ नहीं पा रहे कि अगला प्रोजेक्ट क्या चुनना है. उन्होंने लिखा कि आज एक अभिनेता के पास 'मैनेजमेंट एक्सपर्ट्स से लेकर एजेंट्स तक' इतने सारे लोग होते हैं, ये बताने के लिए कि मार्किट में किस प्रकार का कंटेंट चल रहा है तथा सिनेमा लवर्स क्या पसंद कर रहे हैं, क्या नहीं. मगर उनके दौर में ऐसा कुछ नहीं था. अमिताभ ने कहा, 'हम सिर्फ अगली जॉब का मौका खोज रहे होते थे, जिससे हम घर चलाने की, नौकरी बनाए रखने की शर्त पूरी कर सकें. अब बात अलग हो गई है. नई जेनरेशन इस तरह सोचती है, ऐसे चलती है कि... मैं बाद एक काम खोजूंगा और उम्मीद करूंगा कि काम मिले और बस मेरा 'किचन चलता रहे.' अमिताभ बच्चन की अगली फिल्म 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर सोमवार शाम को रिलीज हुआ है. इस फिल्म में अमिताभ, अश्वत्थामा का माइथोलॉजी बेस्ड भूमिका निभा रहे हैं तथा ट्रेलर में जनता उनके किरदार और काम को बहुत पसंद कर रही है. 'ये मेरी चॉइस है, मेरे मां-बाप…', जहीर इकबाल संग शादी पर आई सोनाक्षी सिन्हा की प्रतिक्रिया शूटिंग से 4 दिन पहले डायरेक्टर ने किया एक्ट्रेस को फिल्म से बाहर, सालों बाद खुद किया चौंकाने वाला खुलासा सैलरी पर हो रही चर्चा को लेकर आई 'पंचायत' के सचिव जी की प्रतिक्रिया, जानिए क्या कहा?
तमन्ना भाटिया को महाराष्ट्र साइबर सेल द्वारा आईपीएल मैचों की अवैध स्ट्रीमिंग में उनकी कथित संलिप्तता के संबंध में पूछताछ के लिए बुलाया गया है। उनसे 29 अप्रैल को पूछताछ के लिए पेश होने की उम्मीद है। संजय दत्त भी इस मामले से जुड़े थे, लेकिन अपनी पूर्व प्रतिबद्धताओं के कारण, वह 23 अप्रैल को पूछताछ सत्र में शामिल नहीं हो सके। इसके बजाय, उन्होंने अपना बयान दर्ज करने के लिए एक अलग तारीख की मांग की। फेयरप्ले, जो महादेव ऑनलाइन गेमिंग ऐप की सहायक कंपनी है, को क्रिकेट, पोकर, कार्ड गेम्स और टेनिस जैसी विभिन्न लाइव गेम्स पर अवैध सट्टेबाजी से जोड़ा गया है। पिछले साल यह ऐप सुर्खियों में आया जब रणबीर कपूर और श्रद्धा कपूर जैसे अभिनेताओं, जिन्होंने इस ऐप का प्रचार किया, को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा पूछताछ के लिए बुलाया गया। महादेव ऑनलाइन सट्टेबाजी ऐप दुबई से संचालित होता है, जिसे भिलाई, छत्तीसगढ़ के रहने वाले सौरभ चंद्राकर और रवि उप्पल चलाते हैं। उन्होंने नए ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए नई वेबसाइटें और चैट समूह बनाकर विभिन्न रणनीतियों का उपयोग किया और सामाजिक मीडिया प्लेटफॉर्म पर भुगतान किए गए विज्ञापनों के माध्यम से लोगों को आकर्षित किया। ईडी एक साल से अधिक समय से महादेव ऐप से जुड़ी मनी लॉन्ड्रिंग के मामले की जांच कर रही है, जिसमें छत्तीसगढ़ के विभिन्न हाई प्रोफ़ाइल राजनेता और अधिकारियों के शामिल होने का आरोप लगाया गया है। भीड़ में पापा अमिताभ को सँभालते नजर आए अभिषेक बच्चन, फैंस कर रहे तारीफ इतनी छोटी स्कर्ट पहनकर इवेंट में पहुंच गई ऋतिक रोशन की Ex वाइफ, हुई Oops मोमेंट का शिकार ऐश्वर्या राय संग इंटीमेट सीन पर बोले रणबीर कपूर- 'हाथ कांप रहे थे फिर...'

