एक्ट्रेस कृति सेनन के ज्वेलरी एडवर्टाइजमेंट विवाद में अब उनकी बहन नूपुर सेनन भी उनके समर्थन में उतर आई हैं। रक्षाबंधन थीम वाले इस एड में कृति के कपड़ों और पेट डॉग को राखी बांधने को लेकर सोशल मीडिया पर काफी ट्रोलिंग हो रही थी। अब इस मामले में कृति के जवाब के बाद नूपुर सेनन ने इंस्टाग्राम स्टोरी पर उनकी पोस्ट री-शेयर की। नूपुर ने लिखा कि कृति उन्हें ही राखी बांधती हैं और जब उन्हें बहन के कपड़ों से कोई दिक्कत नहीं है, तो दूसरों को क्यों परेशानी हो रही है। 'अपनी सोच को विकसित करें'नूपुर सेनन ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी में कृति सेनन की पोस्ट री-शेयर करते हुए ट्रोलर्स पर निशाना साधा। नूपुर ने लिखा, सोचिए, कोई दूसरी महिला क्या पहनती है, इस बात से लोग कितने परेशान हो सकते हैं। सम्मानपूर्वक अपनी सोच को विकसित (इवॉल्व) करें। नूपुर ने आगे लिखा, कृति जिसे राखी बांधती हैं, वह मैं हूं। जब मुझे इससे कोई दिक्कत नहीं है, तो आपको क्यों हो रही है? एड में पहनावे और पेट डॉग की वजह से विवाद यह पूरा विवाद एक ज्वेलरी ब्रांड के रक्षाबंधन एड के बाद शुरू हुआ था। इसमें कृति इंडो-वेस्टर्न ब्रालेट स्टाइल ब्लाउज में नजर आई थीं। वीडियो में वे भाई के अलावा पालतू कुत्ते को भी राखी बांधती दिखी थीं। सोशल मीडिया पर कई लोगों ने इसे भारतीय संस्कृति का अपमान बताते हुए एक्ट्रेस के कपड़ों को लेकर नाराजगी जताई थी और शिकायत दर्ज करने की मांग की थी। कुछ यूजर्स ने इस एडवर्टाइजमेंट को हिंदू धर्म और त्योहारों के प्रति असंवेदनशील करार दिया। एक यूजर ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि रक्षाबंधन के पवित्र त्योहार के गलत चित्रण और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप में एक्ट्रेस के खिलाफ केस दर्ज होना चाहिए। कृति सेनन का जववाब- संस्कृति दिल में होती है, नेकलाइन में नहीं कृति सेनन ने ट्रोलर्स को जवाब दिया है। उन्होंने अपनी पोस्ट में लिखा कि एथनिक फैशन में समय के साथ बदलाव आया है, लेकिन आज भी महिलाओं के अपनी संस्कृति के प्रति सम्मान को सिर्फ उनके कपड़ों से नापा जाता है। एक्ट्रेस ने सवाल उठाया कि समाज महिलाओं को क्या पहनना चाहिए, यह बताना कब बंद करेगा? उन्होंने कहा कि संस्कृति और परंपराएं इंसान के दिल में होती हैं, उसकी नेकलाइन में नहीं। कृति ने कहा- बहन और पेट डॉग्स को भी बांधती हूं राखी रक्षाबंधन पर बात करते हुए कृति ने कहा कि यह त्योहार सुरक्षा और प्यार के रिश्ते का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि वे और उनकी बहन नूपुर सेनन एक-दूसरे को राखी बांधती हैं, क्योंकि वे दोनों एक-दूसरे की सुरक्षा किसी भाई से कम नहीं करती हैं। कृति ने आगे लिखा कि यही प्यार पेट डॉग्स के लिए भी है, क्योंकि वे भी उनके परिवार का ही हिस्सा हैं। 'कॉकटेल 2' में नजर आई थीं कृति सेनन कृति सेनन के वर्कफ्रंट की बात करें तो उन्हें हाल ही में रिलीज हुई फिल्म 'कॉकटेल 2' में देखा गया था। होमी अदजानिया के निर्देशन में बनी इस फिल्म में कृति के साथ शाहिद कपूर और रश्मिका मंदाना मुख्य भूमिका में थे। 'कॉकटेल 2' में शाहिद कपूर और रश्मिका मंदाना के साथ कृति भी मुख्य भूमिका में थीं। यह फिल्म 2012 में आई सैफ अली खान और दीपिका पादुकोण की फिल्म 'कॉकटेल' का सीक्वल थी, जिसे बॉक्स ऑफिस पर मिला-जुला रिस्पॉन्स मिला था। नूपुर सेनन का बॉलीवुड करियरनूपुर सेनन भी बॉलीवुड में एक्टिव हैं। उन्होंने अक्षय कुमार के साथ हिट म्यूजिक वीडियो 'फिलहाल' से पहचान बनाई थी। इसके अलावा नूपुर ने फिल्म 'टाइगर नागेश्वर राव' से अपना एक्टिंग डेब्यू किया है और वे कई प्रोजेक्ट्स में काम कर चुकी हैं। दोनों बहनें एक-दूसरे के बेहद करीब हैं और अक्सर सोशल मीडिया पर अपनी बॉन्डिंग शेयर करती रहती हैं। ये खबर भी पढ़ें हिट फिल्म के बाद भी 15 महीने बेरोजगार रहीं कृति:स्टारकिड्स ने छीने बड़े रोल, जिस किरदार पर सवाल उठे, उसी ने दिलाया नेशनल अवॉर्ड कृति सेनन बॉलीवुड की सफल अभिनेत्रियों में गिनी जाती हैं। उनके नाम नेशनल अवॉर्ड, कई सुपरहिट फिल्में और अपना प्रोडक्शन हाउस है। लेकिन इस मुकाम तक पहुंचने का रास्ता रिजेक्शन, अकेलेपन, तानों और आत्मविश्वास की लड़ाई से होकर गुजरा है। पूरी खबर पढ़ें
बॉलीवुड और साउथ फिल्म इंडस्ट्री में अपनी पहचान बना चुकी अभिनेत्री निधि अग्रवाल बुधवार को जयपुर पहुंचीं। वह शहर में आयोजित एक इवेंट में शामिल होने के लिए आई हैं। एयरपोर्ट से बाहर निकलते ही निधि का सामना कुछ ऐसे फैंस से हुआ, जो रामबाग पैलेस में होने वाली एक रॉयल वेडिंग में शामिल होने के लिए पहुंच रहे थे। फैंस ने निधि को देखते ही उनके साथ फोटो खिंचवाने की इच्छा जताई। निधि ने भी अपने प्रशंसकों को निराश नहीं किया। उन्होंने बाउंसर्स से दूर होकर सभी के साथ तस्वीरें क्लिक कराईं। अचानक एयरपोर्ट पर मिले फैंस के साथ उनका यह सहज अंदाज लोगों को पसंद आया। इसके बाद निधि अपने कार्यक्रम के लिए रवाना हो गईं। साउथ सिनेमा में लगातार सक्रिय हैं निधि निधि अग्रवाल पिछले कुछ वर्षों में मुख्य रूप से तेलुगु और तमिल फिल्म इंडस्ट्री में सक्रिय रही हैं। मॉडलिंग से अपने करियर की शुरुआत करने वाली निधि ने फिल्मों में भी अपनी अलग पहचान बनाई है। उन्होंने अभिनय की शुरुआत हिंदी फिल्म ‘मुन्ना माइकल’ (2017) से की थी। इस फिल्म में उन्होंने टाइगर श्रॉफ के साथ काम किया और अपने डांस और स्क्रीन प्रेजेंस से दर्शकों का ध्यान खींचा। इसके बाद निधि ने तेलुगु सिनेमा का रुख किया और ‘सव्यसाची’ से तेलुगु फिल्मों में कदम रखा। इसके बाद वह ‘मिस्टर मजनू’, ‘आईस्मार्ट शंकर’ और ‘हीरो’ जैसी फिल्मों में नजर आईं। खासतौर पर आईस्मार्ट शंकर ने उन्हें साउथ इंडस्ट्री में काफी लोकप्रियता दिलाई। तमिल सिनेमा में भी बनाई पहचान निधि ने तमिल फिल्मों में भी काम किया है। वह अभिनेता उदयनिधि स्टालिन के साथ ‘कलगा थलाइवन’ में नजर आईं। इसके अलावा उनकी फिल्मोग्राफी में तमिल और तेलुगु सिनेमा के कई प्रोजेक्ट शामिल हैं। निधि को फिल्मों के साथ-साथ उनके ग्लैमरस लुक और सोशल मीडिया प्रेजेंस के लिए भी जाना जाता है। मॉडलिंग बैकग्राउंड के कारण फैशन और स्टाइल के मामले में भी उनकी खास पहचान बनी हुई है। पवन कल्याण के साथ ‘हरि हर वीरा मल्लू’ को लेकर चर्चा में रहीं हाल के वर्षों में निधि की सबसे चर्चित फिल्मों में ‘हरि हर वीरा मल्लू’ भी शामिल रही, जिसमें उन्होंने तेलुगु सुपरस्टार पवन कल्याण के साथ स्क्रीन शेयर की। इस बड़े प्रोजेक्ट के कारण निधि एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आईं। निधि की लगातार बढ़ती सक्रियता बताती है कि वह अब केवल एक इंडस्ट्री तक सीमित नहीं रहना चाहतीं। हिंदी फिल्मों से शुरुआत करने के बाद उन्होंने तेलुगु और तमिल सिनेमा में अपनी जगह बनाई है और अलग-अलग भाषाओं के प्रोजेक्ट्स में काम कर रही हैं।
अभिनेत्री और बीजेपी सांसद कंगना रनोट ने कृति सेनन के रक्षाबंधन एड विवाद के बीच कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधा है। राहुल गांधी ने एक्ट्रेस कृति सेनन का समर्थन करते हुए सोशल मीडिया पर ‘स्मैश द पेट्रियार्की’ का मैसेज लिखा था। इसके जवाब में कंगना ने बीजेपी के इंस्टाग्राम हैंडल का एक इलस्ट्रेटेड (कार्टून) पोस्ट री-शेयर किया। इसमें कंगना ने लिखा, ब्रो, वेट। भारत माता की जय। शुरू करते हैं। इस पोस्ट के जरिए बीजेपी ने ट्रिपल तलाक, शाह बानो केस, महिला आरक्षण और कर्नाटक कैबिनेट में महिलाओं की भागीदारी को लेकर कांग्रेस की नीयत पर सवाल उठाए हैं। राहुल बोले- महिला क्या पहनती है, यह उसकी पसंददरअसल, ज्वेलरी ब्रांड के रक्षाबंधन एडवर्टाइजमेंट में कृति सेनन के कपड़ों को लेकर विवाद चल रहा था। इस विवाद में राहुल गांधी ने मंगलवार को कृति सेनन के बयान को अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर री-शेयर किया। राहुल गांधी ने लिखा कि कोई महिला क्या पहनती है, क्या करती है और कहां जाती है, यह उसकी अपनी पसंद है। महिलाओं के कपड़ों और जीवनशैली की ऑनलाइन पुलिसिंग यानी पहरेदारी नहीं करनी चाहिए। राहुल ने अपने पोस्ट में ‘स्मैश द पेट्रियार्की' हैशटैग का इस्तेमाल किया था। बीजेपी के कार्टून पोस्ट से कंगना ने कसा तंजराहुल गांधी के इस बयान के बाद कंगना रनौत ने बीजेपी का एक पोस्ट शेयर किया। इस पोस्ट में इलस्ट्रेशन (चित्रों) के जरिए राहुल गांधी के 'स्मैश द पेट्रियार्की' वाले नारे का जवाब दिया गया है। इलस्ट्रेशन में एक महिला राहुल गांधी से पूछती है कि ट्रिपल तलाक पर आपकी पार्टी ने क्या किया? जिस पर राहुल का कैरेक्टर कहता है कि वह तो वोट बैंक पॉलिटिक्स थी। इसके बाद महिला आरक्षण बिल, शाह बानो केस और कर्नाटक कैबिनेट का जिक्र होता है। पोस्ट में सवाल उठाया गया कि कर्नाटक की कांग्रेस सरकार के 33 मंत्रियों में एक भी महिला मंत्री क्यों नहीं है। कंगना ने कृति के कपड़ों पर भी उठाया था सवालकंगना रनौत ने इससे पहले भी कृति सेनन के रक्षाबंधन वाले एड पर सवाल उठाए थे। कंगना ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी में लिखा था कि आज महिलाओं के पास पहनने के लिए हर तरह के कपड़े मौजूद हैं, फिर रक्षाबंधन जैसे पारंपरिक त्योहार पर भाई को राखी बांधते समय ऐसे कपड़े चुनने की क्या वजह थी। कंगना ने एड को अजीब बताया था। इसके जवाब में कृति सेनन ने कहा था कि किसी भी महिला की अपनी संस्कृति के प्रति निष्ठा को उसके कपड़ों की नेकलाइन से नहीं नापा जाना चाहिए। पूरी खबर पढ़ें विवाद के बाद ब्रांड ने हटाया एडवर्टाइजमेंटयह पूरा विवाद जीवा (GIVA) ज्वेलरी ब्रांड के 36 सेकंड के रक्षाबंधन एडवर्टाइजमेंट से शुरू हुआ था। एड में कृति सेनन इंडो-वेस्टर्न आउटफिट में नजर आई थीं और वे अपने भाई के साथ-साथ अपने पेट डॉग को भी राखी बांध रही थीं। सोशल मीडिया पर कपड़ों और पेट डॉग को राखी बांधने को लेकर विवाद बढ़ता देख ब्रांड ने आधिकारिक बयान जारी कर माफी मांगी और इस एडवर्टाइजमेंट को अपने सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स से हटा लिया है। पूरी खबर पढ़ें ये खबर भी पढ़ें 'भाई को बिकिनी में राखी क्यों बांधेंगी?':कृति सेनन के रक्षाबंधन विज्ञापन में रिवीलिंग ड्रेस के बाद कंगना रनोट ने उठाए सवाल कृति सेनन हाल ही में रक्षाबंधन के लिए बने एक ज्वेलरी ब्रांड के विज्ञापन में नजर आई थीं। विज्ञापन में उन्होंने इंडो-वेस्टर्न कपड़े पहने थे, जिसमें ब्रालेट जैसा ब्लाउज, केप और ड्रेप्ड स्कर्ट शामिल थी। पूरी खबर पढ़ें…
ज्वेलरी ब्रांड GIVA ने बुधवार को एक्ट्रेस कृति सेनन के विवादास्पद रक्षाबंधन विज्ञापन को हटा दिया है। विज्ञापन में कृति ब्रालेट-स्टाइल ब्लाउज, केप और ड्रेप्ड स्कर्ट पहने थीं। वे कुत्ते को भी राखी बांधती नजर आ रही थीं। इस पहनावे को लेकर कई लोगों ने आपत्ति जताई थी। GIVA ने आज कहा कि विज्ञापन हटाने का फैसला भारतीय संस्कृति और परंपराओं के सम्मान में लिया गया है। किसी की भावनाएं आहत करना हमारा इरादा नहीं है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने एक्ट्रेस कृति का समर्थन किया था। GIVA ने कहा- भावनाएं आहत करना हमारा इरादा नहीं GIVA ने कहा, 'एक ब्रांड के तौर पर हमारा हमेशा से मानना रहा है कि इन खुशी के पलों को पूरे परिवार के साथ मनाया जाए। इस बार उसका उद्देश्य पालतू जानवरों के साथ प्यार और जश्न को आगे बढ़ाना था। भावनाएं आहत करना हमारा इरादा नहीं था।' 'अगर हमारे हालिया विज्ञापन से समाज के कुछ हिस्सों की भावनाओं को अनजाने में ठेस पहुंची है, तो हमारा ऐसा कोई इरादा नहीं था। सम्मान के तौर पर हमने उक्त विज्ञापन सभी मीडिया से हटा लिया है।' ब्रांड ने त्योहार के मौके पर लोगों को प्यार और सकारात्मकता की शुभकामनाएं भी दीं। राहुल ने कहा था- महिलाओं की पहरेदारी नहीं करनी चाहिए राहुल गांधी ने कृति सेनन का पोस्ट अपनी इंस्टा स्टोरी पर शेयर करके लिखा- महिलाओं के कपड़ों और जीवनशैली की ऑनलाइन पुलिसिंग यानी पहरेदारी नहीं करनी चाहिए। इस विज्ञापन पर एक्ट्रेस से सांसद बनीं कंगना रनोत ने कहा था- अपने भाई को बिकिनी या अंडरगारमेंट्स में राखी क्यों बांधेंगी? आपके पास स्टाइलिंग के इतने विकल्प कहां गए? यह विज्ञापन जानबूझकर अजीब बनाया गया लगता है। कृति ने कहा था- बहन और पेट डॉग्स को भी बांधती हूं राखी रक्षाबंधन पर बात करते हुए कृति ने कहा था कि यह त्योहार सुरक्षा और प्यार के रिश्ते का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि वे और उनकी बहन नूपुर सेनन एक-दूसरे को राखी बांधती हैं, क्योंकि वे दोनों एक-दूसरे की सुरक्षा किसी भाई से कम नहीं करती हैं। यही प्यार पेट डॉग्स के लिए भी है, क्योंकि वे भी उनके परिवार का ही हिस्सा हैं। ------------- ये खबर भी पढ़ें… 'भाई को बिकिनी में राखी क्यों बांधेंगी?':कृति सेनन के रक्षाबंधन विज्ञापन में रिवीलिंग ड्रेस के बाद कंगना रनोट ने उठाए सवाल कृति सेनन हाल ही में रक्षाबंधन के लिए बने एक ज्वेलरी ब्रांड के विज्ञापन में नजर आई थीं। विज्ञापन में उन्होंने इंडो-वेस्टर्न कपड़े पहने थे, जिसमें ब्रालेट जैसा ब्लाउज, केप और ड्रेप्ड स्कर्ट शामिल थी। पूरी खबर पढ़ें…
ज्वेलरी ब्रांड GIVA ने बुधवार को एक्ट्रेस कृति सेनन के विवादास्पद रक्षाबंधन विज्ञापन को हटा दिया है। विज्ञापन में कृति ब्रालेट-स्टाइल ब्लाउज, केप और ड्रेप्ड स्कर्ट पहने नजर आई थीं। वे कुत्ते को भी राखी बांधती नजर आ रही थीं। इस पहनावे को लेकर कई लोगों ने आपत्ति जताई थी। GIVA ने आज कहा कि विज्ञापन हटाने का फैसला भारतीय संस्कृति और परंपराओं के सम्मान में लिया गया है। हम भारतीय संस्कृति, परंपराओं और त्योहारों का सबसे ज्यादा सम्मान करते हैं। GIVA ने कहा- भावनाएं आहत करना हमारा इरादा नहीं GIVA ने कहा, 'एक ब्रांड के तौर पर हमारा हमेशा से मानना रहा है कि इन खुशी के पलों को पूरे परिवार के साथ मनाया जाए। इस बार उसका उद्देश्य पालतू जानवरों के साथ प्यार और जश्न को आगे बढ़ाना था। भावनाएं आहत करना हमारा इरादा नहीं था।' 'अगर हमारे हालिया विज्ञापन से समाज के कुछ हिस्सों की भावनाओं को अनजाने में ठेस पहुंची है, तो हमारा ऐसा कोई इरादा नहीं था। सम्मान के तौर पर हमने उक्त विज्ञापन सभी मीडिया से हटा लिया है। ब्रांड ने त्योहार के मौके पर लोगों को प्यार और सकारात्मकता की शुभकामनाएं भी दीं।’ विवाद की वजह इंडो-वेस्टर्न ब्रालेट स्टाइल ब्लाउज और पालतू कुत्ते को भी राखी बांधना था यह पूरा विवाद कृति के इंडो-वेस्टर्न ब्रालेट स्टाइल ब्लाउज में नजर आई थीं। वीडियो में वे भाई के अलावा पालतू कुत्ते को भी राखी बांधती दिखी थीं। सोशल मीडिया पर कई लोगों ने इसे भारतीय संस्कृति का अपमान बताते हुए एक्ट्रेस के कपड़ों को लेकर नाराजगी जताई थी और शिकायत दर्ज करने की मांग की थी। कुछ यूजर्स ने इस एडवर्टाइजमेंट को हिंदू धर्म और त्योहारों के प्रति असंवेदनशील करार दिया। एक यूजर ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि रक्षाबंधन के पवित्र त्योहार के गलत चित्रण और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप में एक्ट्रेस के खिलाफ केस दर्ज होना चाहिए। खबर अपडेट की जा रही है
अजय देवगन को फिल्म ‘फूल और कांटे’ से लॉन्च करने वाले वेटरन फिल्ममेकर कुकू कोहली का मंगलवार को 77 साल की उम्र में निधन हो गया। उन्होंने मुंबई के कोकिलाबेन अस्पताल में आखिरी सांस ली। उन्हें हार्ट अटैक आया था। आज कुकू कोहली का अंतिम संस्कार ओशिवारा श्मशान घाट में किया जाएगा। अंतिम दर्शन के लिए ‘महाभारत’ फेम गजेंद्र चौहान समेत कई सेलेब्स पहुंच रहे हैं। इस दौरान कुकू कोहली की पत्नी अरुणा ईरानी को गजेंद्र चौहान ने संभाला। राज कपूर के साथ काम करके करियर शुरू किया कुकू कोहली ने अपने फिल्मी करियर की शुरुआत राज कपूर की फिल्म बॉबी में असिस्टेंट के तौर पर काम करके की थी। उन्होंने कई साल उनके साथ रहकर फिल्म बनाने की बारीकियां सीखीं। बाद में वह फिल्म बेताब में सेकेंड यूनिट डायरेक्टर रहे। सनी देओल और अमृता सिंह स्टारर यह फिल्म हिट थी। इसके बाद उन्होंने अर्जुन में भी काम किया। 1991 में कुकू कोहली ने फूल और कांटे से बतौर डायरेक्टर शुरुआत की। फिल्म हिट रही और अजय देवगन को बॉलीवुड में पहचान मिली। इसके बाद उन्होंने कोहराम और सुहाग जैसी फिल्में बनाईं। सुहाग में अजय देवगन और अक्षय कुमार पहली बार साथ नजर आए थे। 1995 में उनकी फिल्म हकीकत रिलीज हुई। इसमें अजय देवगन और तब्बू थे। फिल्म को फिल्मफेयर अवॉर्ड्स में सात कैटेगरी में नॉमिनेशन मिला। कुकू को बेस्ट डायरेक्टर के लिए भी नॉमिनेशन मिला। इसके बाद उन्होंने जुल्मी, अनाड़ी नंबर 1 और ये दिल आशिकाना जैसी फिल्में बनाईं। उनकी आखिरी फिल्म वो तेरा नाम था 2004 में रिलीज हुई थी। कुकू कोहली और अरुणा ईरानी ने गुपचुप शादी की थी कुकू कोहली की दो शादियां हुई थीं। कुकू कोहली की पहली पत्नी का नाम रीता कोहली था। रीता कोहली और कुकू कोहली की दो बेटियां पूजा और करिश्मा थीं। वहीं, कुकू कोहली की दूसरी शादी एक्ट्रेस अरुणा ईरानी से हुई। दोनों की पहली मुलाकात फिल्म कोहराम के सेट पर हुई थी। शुरुआत में दोनों के बीच बिल्कुल नहीं बनती थी। हालांकि, काम के दौरान कुकू कोहली अरुणा का काफी ख्याल रखते थे। धीरे-धीरे उनकी दोस्ती बढ़ी और यही दोस्ती प्यार में बदल गई। जब अरुणा को कुकू से प्यार हुआ, तब उन्हें पता चला कि कुकू पहले से शादीशुदा हैं। उनकी पहली पत्नी रीता कोहली से दो बेटियां भी थीं। इसके बावजूद अरुणा ने कुकू के साथ रिश्ता आगे बढ़ाया। दोनों ने 1990 में शादी कर ली। हालांकि, उन्होंने कई साल तक अपनी शादी को सार्वजनिक नहीं किया। अरुणा ने बताया था कि वह कुकू की पहली पत्नी और उनके परिवार की परेशानियां नहीं बढ़ाना चाहती थीं। इसलिए उन्होंने अपने रिश्ते को निजी रखा। शादी के बाद अरुणा और कुकू ने बच्चे नहीं करने का फैसला लिया। अरुणा ने कहा था कि उस समय उनकी उम्र और कुकू के पहले से बच्चों को देखते हुए उन्होंने यह फैसला लिया। ……………….. यह खबर भी पढ़ें… लगान-गजनी फेम एक्टर प्रदीप रावत का निधन:74 साल के थे, दोबारा कैंसर हुआ था; महाभारत में अश्वत्थामा बने थे लगान और गजनी समेत कई फिल्मों में नजर आने वाले अभिनेता प्रदीप रावत का 74 साल की उम्र में 4 अगस्त को निधन हो गया। उनके निधन की जानकारी लगान में उनके साथ काम करने वाले अभिनेता यशपाल शर्मा ने इंस्टाग्राम पर श्रद्धांजलि देते हुए शेयर की थी। पूरी खबर यहां पढ़ें…
एक्ट्रेस उर्वशी रौतेला ने हाल ही में जयपुर में हुए मिस यूनिवर्स इंडिया 2026 के ग्रैंड फिनाले में पहने तिरंगा-प्रेरित गाउन पर उठे विवाद पर सफाई दी। उर्वशी ने कहा कि यह राष्ट्रीय ध्वज की हूबहू कॉपी नहीं थी, बल्कि तिरंगे से प्रेरित कॉउचर डिजाइन था। दरअसल, मिस यूनिवर्स इंडिया 2026 का ग्रैंड फिनाले 23 अगस्त को जयपुर के जी स्टूडियोज में आयोजित हुआ। पूर्व मिस यूनिवर्स इंडिया उर्वशी रौतेला जजिंग पैनल का हिस्सा थीं। उनके साथ भारत की पहली मिस यूनिवर्स सुष्मिता सेन, मिस यूनिवर्स इंडिया 2024 रिया सिंघा, पर्यावरणविद और फिल्म प्रोड्यूसर प्रज्ञा कपूर और पूर्व मिस इंडिया यूनिवर्स व मिस यूनिवर्स रनर-अप सेलिना जेटली भी पैनल में थीं। कार्यक्रम के लिए उर्वशी ने तिरंगे से प्रेरित गाउन पहना था। इसके बाद सोशल मीडिया पर कुछ यूजर्स ने इसे लेकर आपत्ति जताई। एक यूजर ने लिखा कि भारतीय राष्ट्रीय ध्वज को कपड़े के रूप में पहनना या ड्रेस मटेरियल पर सीधे प्रिंट करना फ्लैग कोड ऑफ इंडिया के तहत अनुमति नहीं है। अन्य यूजर्स ने भी इसे लेकर नाराजगी जताई। उर्वशी बोलीं- गाउन राष्ट्रीय ध्वज की हूबहू कॉपी नहीं मामले को लेकर हिंदुस्तान टाइम्स के साथ बातचीत में उर्वशी ने कहा कि मैं अपने देश को सिर्फ अपनी राष्ट्रीयता के तौर पर नहीं, बल्कि अपनी पहचान के एक हिस्से के रूप में अपने साथ लेकर चलती हूं। मैं ऐसा कुछ पहनना चाहती थी, जो सिर्फ यह न बताए कि मैं कहां से हूं, बल्कि यह भी बताए कि मेरे लिए भारत का क्या मतलब है। इसी सोच से इस कॉउचर ड्रेस का आइडिया आया। उर्वशी ने कहा कि गाउन की सिल्हूट, रंगों की जगह, सजावट, डिटेलिंग और प्रोडक्शन को फैशन के तौर पर तैयार किया गया था। उनके मुताबिक, यह केवल तीन रंगों को ड्रेस पर लगाने के बारे में नहीं था, बल्कि राष्ट्रीय भावना को कलात्मक अभिव्यक्ति में बदलने के बारे में था। विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि भारतीय राष्ट्रीय ध्वज और इस गाउन में कई साफ अंतर हैं। उनके अनुसार, गाउन राष्ट्रीय ध्वज की हूबहू प्रतिकृति नहीं है, बल्कि तिरंगे से प्रेरित तत्वों का इस्तेमाल करके तैयार किया गया कॉउचर डिजाइन है। उन्होंने बताया कि इसमें कलर शेड्स, डायरेक्शन, प्रोपोर्शन, मटीरियल और सेंट्रल सिंबल में जान-बूझकर बदलाव किए गए थे। गाउन में तीन कलर और सर्कल जैसे सेंट्रल मोटिफ का इस्तेमाल किया गया है। उर्वशी के अनुसार, गाउन की हॉरिजॉन्टल कलर स्ट्राइप्स को वर्टिकल बनाया गया, एम्बलम को ज्वेलरी में बदला गया, और सीक्विन और फ्रिंज का इस्तेमाल किया गया। उन्होंने कहा कि ऑरेंज असली केसरिया नहीं है, हरा एक अलग शेड है, और एम्बलम ऑफिशियल स्पेसिफिकेशन्स से अलग है। यह आउटफिट बेलारूसी डिजाइनर डारिया चेरमाशेंटसेवा के DASHA फैशन कॉउचर ने डिजाइन किया था। भारतीय फ्लैग कोड भारत सरकार का फ्लैग कोड ऑफ इंडिया, 2002 राष्ट्रीय ध्वज के इस्तेमाल से जुड़े नियम और प्रावधान बताता है। प्रिवेंशन ऑफ इंसल्ट्स टू नेशनल ऑनर एक्ट, 1971 के अनुसार, राष्ट्रीय ध्वज को किसी भी तरह की पोशाक या यूनिफॉर्म का हिस्सा नहीं बनाया जाना चाहिए और इसे कुशन, रूमाल, नैपकिन या किसी ड्रेस मटेरियल पर कढ़ाई या प्रिंट नहीं किया जाना चाहिए। कानून में यह भी कहा गया है कि राष्ट्रीय ध्वज को जानबूझकर जमीन, फर्श या पानी में छूने या घसीटने नहीं दिया जाना चाहिए।
Toxic की रिलीज से पहले आई Awarapan 2 की सुनामी, ग्लोबल बॉक्स ऑफिस पर इमरान हाशमी की फिल्म का कब्जा
अभिनेता इमरान हाशमी की फिल्म आवारापन 2 ने सोमवार को ग्लोबली कमाई के मामले में हार नहीं मानी है।
‘मुंज्या’ की सफलता के बाद अभय वर्मा के लिए शोहरत के साथ जिम्मेदारी भी बढ़ी है। वह कहते हैं कि सफलता ने उनकी भूख कम नहीं की, बल्कि सपनों को और बड़ा कर दिया। शाहरुख खान के साथ ‘किंग’ में काम करना उनके लिए सपने के सच होने जैसा रहा। दैनिक भास्कर से खास बातचीत में अभय ने अपने करियर, ‘मुंज्या’ की सफलता, बड़े होते सपनों और शाहरुख खान से मिली सीख पर बात की। सवाल: ‘मुंज्या’ की सफलता के बाद क्या अब दबाव महसूस होता है? जवाब: दबाव नहीं कहूंगा, लेकिन जिम्मेदारी जरूर बढ़ गई है। सफलता के बाद उम्मीदें बढ़ जाती हैं और आपको अगली बार और मेहनत करनी पड़ती है। मुझे याद नहीं कि पिछली बार आठ घंटे कब सोया था। लेकिन मेरे सपने मुझे सोने नहीं देते। मैंने एक खूबसूरत बात सुनी थी कि अगर आपको पता हो कि आप फेल नहीं होंगे तो आप कितना बड़ा सपना देखेंगे? इसलिए अब मैंने अपने सपनों की कोई लिमिट नहीं रखी है। आराम बाद में होता रहेगा। अभी मैं अपने दर्शकों का प्यार और बड़ा करना चाहता हूं। सवाल: आज की तारीख में आपको सबसे ज्यादा खुशी किस चीज से मिलती है? जवाब: लोगों का प्यार मेरी सबसे बड़ी खुशी है। मैं इसे एक अमानत मानता हूं। दर्शक जब चाहें यह अमानत दे सकते हैं और जब चाहें अपने खजाने से और प्यार दे सकते हैं। मेरा काम है कि मैं इतनी मेहनत करूं कि यह प्यार बार-बार मिलता रहे। अभी तक जितना प्यार मिला है, उसने मेरी भूख कम नहीं की, बल्कि और बढ़ा दी है। सवाल: शाहरुख खान के साथ ‘किंग’ में काम करने का अनुभव कैसा रहा? जवाब: मैंने सपने देखना ही शाहरुख सर को देखकर शुरू किया है। लोग उन्हें अपना हीरो मानते हैं और उनके जैसा बनने का सपना देखते हैं। मेरे लिए तो वह उससे भी आगे हैं।मैंने उनसे पूछा कि शुरुआती दौर में फिल्में कैसे चुनते थे? उन्होंने कहा- ‘उन लोगों के साथ काम करो, जिनके साथ आपका मन लगे और जो आपको प्यार करते हों।’उनके अंदर 35 साल के अनुभव के बाद भी सीखने और सिखाने की वही ऊर्जा है। वह सेट पर सैंडबैग उठाकर बताते हैं कि यह आपका मार्क है, ऐसे डायलॉग बोलकर देख सकते हो। जब वह शूट नहीं कर रहे होते तो एक कुर्सी लेकर बैठ जाते और देखते कि सिनेमा कैसे बन रहा है। उनके अंदर का पैशन और जज्बा देखकर मुझे समझ आया कि वह शाहरुख खान क्यों बने हैं। सवाल: पहली बार शाहरुख खान के साथ काम करने का फोन आया तो आपका रिएक्शन क्या था? जवाब: मेरे लिए दो राय की कोई बात नहीं थी। मैंने कहा कि मुझे दीवार पर मक्खी भी बना देंगे तो मैं मक्खी बन जाऊंगा, बस उनके साथ काम करने का मौका मिलना चाहिए। जिस दिन मेरा शूट नहीं होता था, तब भी मैं सेट पर पहुंच जाता था। अगर मेरा शूट जल्दी खत्म हो जाता और उनका शूट चल रहा होता तो मैं पूरा दिन सेट पर रहता। जब फोन आया तो पैसे की बात भी हुई। मैंने कहा कि मेरे लिए इससे ऊपर कोई बात नहीं है। आप प्रोफेशनल तौर पर जो ठीक समझें, करिए। मेरे लिए उनके साथ काम करना ही सबसे बड़ा मौका था। सवाल: शाहरुख खान से पहली मुलाकात कैसी रही? जवाब: पहली बार मैं पोलैंड में उनसे मिला। हम करीब तीन घंटे साथ बैठे। सुहाना खान भी थीं। बाद में साथ डिनर किया। उनसे मिलने के बाद होटल जाते हुए मुझे एहसास हुआ कि यह वही इंसान हैं, जिनको देखकर मैंने सपने देखना सीखा था। लेकिन उनके साथ रहते हुए वह बिल्कुल महसूस नहीं होने देते कि वह इतने बड़े स्टार हैं। यही उनकी लेजेंडरी बात है कि 35 साल बाद भी वह इतने सरल हैं और सिर्फ अपनी कला से जुड़े रहते हैं। सवाल: ‘किंग’ का मैसेज आपके लिए कितना खास था? जवाब: उस मैसेज का स्क्रीनशॉट मैंने संभालकर रखा है। कभी-कभी वह मेरा वॉलपेपर भी बन जाता है। ‘मुंज्या’ को रिलीज हुए दो साल हो गए थे और बीच में कई तरह के विचार आते थे कि आगे क्या होगा, फिल्म कब रिलीज होगी। मैं रिजल्ट से ज्यादा काम को लेकर उत्साहित रहता हूं। लेकिन सफलता के बाद एक खूबसूरत जिम्मेदारी महसूस होती है कि अगली बार और मेहनत करनी है। _____________________________ अभय वर्मा का यह इंटरव्यू भी पढ़ें.. ‘आप एक्टिंग छोड़ो, एयरफोर्स जॉइन करो’:अभय वर्मा को मिला यह कॉम्प्लीमेंट, बोले- इससे बड़ा सम्मान मेरे लिए शायद कुछ हो ही नहीं सकता अभिनेता अभय वर्मा इन दिनों ‘ऑपरेशन सफेद सागर’ में भारतीय वायुसेना के अधिकारी आरएस धालीवाल का किरदार निभाकर चर्चा में हैं। इस भूमिका ने उन्हें अभिनेता के तौर पर चुनौती दी और देश के अनसंग हीरोज को करीब से समझने का मौका दिया।पूरा इंटरव्यू पढ़ें..
फिल्म ‘बबीता सिंह रिपोर्टिंग’ एक महिला पुलिस अधिकारी की जिंदगी और संघर्षों पर आधारित है। दैनिक भास्कर से बातचीत में डायरेक्टर अंबिका पंडित और एग्जीक्यूटिव प्रोड्यूसर सुदीप शर्मा ने फिल्म पर बात की। अंबिका ने बताया कि उन्हें बबीता का आवाज पहचानने का सफर खास लगा। वहीं सुदीप ने कहा कि क्राइम से ज्यादा महिला नजरिया और रोजमर्रा की जिंदगी की सच्चाई ने उन्हें आकर्षित किया। दोनों ने निमिषा सजयन के किरदार की तैयारी, शूटिंग के दौरान तालमेल, कानून की पढ़ाई और कहानी को बड़े पर्दे पर लाने की संभावनाओं पर बात की। सवाल: कहानी पढ़कर ऐसा क्या खास लगा कि इसे आपको ही डायरेक्ट करना चाहिए? जवाब/अंबिका पंडित: मुझे बबीता का किरदार बहुत खूबसूरत लगा। वह पुलिस अधिकारी बनने की कोशिश कर रही है और इसी दौरान कई चीजों से जूझ रही है। उसकी घरेलू जिम्मेदारियां हैं। वह बहू और बेटी है और इन सबके बीच अच्छा काम करने की कोशिश कर रही है। लेकिन कई बार उसे छुट्टी लेकर घर जाना पड़ता है। बबीता का यह सफर, जहां से वह शुरू करती है और फिर अपनी आवाज सुनना और उसे पहचानना सीखती है, मुझे स्क्रिप्ट में सबसे ज्यादा पसंद आया। सवाल: बबीता के किरदार के लिए निमिषा सजयन को चुनने का फैसला कैसे हुआ? जवाब/अंबिका पंडित: यह फैसला मिलकर लिया गया था। हम सभी को निमिषा का काम बहुत पसंद था। वह बहुत अच्छी एक्टर हैं। उनके चेहरे और व्यवहार में वह ईमानदारी और सादगी है, जो हमें बबीता के किरदार में चाहिए थी। इसलिए हमें लगा कि निमिषा इस भूमिका के लिए सही रहेंगी। सवाल: इस फिल्म में क्राइम के अलावा ऐसी कौन-सी चीज थी, जिसने आपको सबसे ज्यादा आकर्षित किया? जवाब/सुदीप शर्मा: मेरे लिए फिल्म का महिला नजरिया सबसे ज्यादा आकर्षक था। यह बारीकी और ईमानदारी से लिखा गया है। इसमें बनावटीपन नहीं है। ऐसा लगता है कि यह कहानी किसी की असली जिंदगी से आई है। मुझे लगा कि पर्दे पर इसे देखकर बहुत से लोग इससे जुड़ पाएंगे, क्योंकि यह हमारे घरों और आसपास की जिंदगी की कहानी है। क्राइम तो बाद में आता है। अगर फिल्म में क्राइम नहीं भी होता और कहानी किसी दूसरी चीज के बारे में होती, तब भी यह उतनी ही दिलचस्प होती, क्योंकि इसका नजरिया बहुत अलग है। सवाल: आपके पिछले कामों में भी क्राइम के साथ समाज का अलग पहलू देखने को मिलता है। इस फिल्म में इसे अलग दिखाना कितना चुनौतीपूर्ण था? जवाब/सुदीप शर्मा: मेरे लिए यह चुनौती नहीं थी, क्योंकि अंबिका की राइटिंग पहले से ही अलग थी। स्क्रिप्ट पढ़कर मुझे यह सिर्फ एक और पुलिस या मर्डर मिस्ट्री नहीं लगी। इस फिल्म का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा बबीता का सफर है। उसकी जिंदगी, रिश्ते और घर की कहानी ज्यादा अहम है। क्राइम यहां सिर्फ जरिया है, जिसके जरिए अलग कहानी कही गई है। मुझे यही बात सबसे ज्यादा स्मार्ट लगी। सवाल:निमिषा को बबीता के किरदार में ढालना कितना चुनौतीपूर्ण रहा? जवाब/अंबिका पंडित: मेरे लिए यह आसान था। असली चुनौती निमिषा के लिए थी। उन्हें इस किरदार के लिए 14 किलो वजन बढ़ाना था। उन्होंने यह पूरी जर्नी तय की और मैंने इसे करीब से देखा। यह उनके लिए काफी चुनौतीपूर्ण था। हालांकि किरदार को उनसे निकालना आसान था, क्योंकि निमिषा बहुत ही भावनात्मक रूप से समझदार एक्टर हैं। इस दौरान हम दोनों अच्छे दोस्त भी बन गए। हम दोनों औरतें हैं, इसलिए इस कहानी को समझना मुश्किल नहीं था। यह हमें किसी और की कहानी नहीं, बल्कि अपनी ही जिंदगी का हिस्सा लगी। सवाल: शूटिंग के दौरान ऐसा कोई मौका आया, जब आपकी और अंबिका की राय अलग हो गई हो? जवाब/सुदीप शर्मा: ऐसा कुछ खास नहीं हुआ। जब आप खुद फिल्ममेकर हैं और किसी दूसरे फिल्ममेकर की फिल्म प्रोड्यूस कर रहे हैं, तो आपको अपना नजरिया पीछे रखना पड़ता है। इस प्रोजेक्ट में मेरा काम अंबिका को सपोर्ट करना था। उनके विजन के लिए जरूरी संसाधन या मदद देना मेरी जिम्मेदारी थी। हमारा पूरा प्रोसेस सहयोग वाला रहा। स्क्रिप्ट भी साफ थी, इसलिए राय के मतभेद की ज्यादा गुंजाइश नहीं थी। सवाल: शूटिंग के दौरान ऐसा कुछ बदला, जो स्क्रिप्ट में नहीं था और बाद में ज्यादा बेहतर लगा? जवाब/अंबिका पंडित: यह कहना मुश्किल है कि जो चीज बदली, वह स्क्रिप्ट से बेहतर थी या नहीं। जब कोई फिल्ममेकर स्क्रिप्ट पर काम करता है तो उसकी अपनी व्याख्या होती है। अंबिका ने लिखा, मैंने फिल्म बनाई और सुदीप शर्मा एग्जीक्यूटिव प्रोड्यूसर हैं। हम तीनों की सोच अलग है। हमारी संवेदनाएं एक-दूसरे से मिलती हैं, इसलिए हम साथ काम कर रहे हैं, लेकिन यह जरूरी नहीं कि हम तीनों फिल्म बनाएं तो बिल्कुल एक जैसी फिल्म बने। इसलिए स्क्रिप्ट और स्क्रीन पर दिखाई देने वाली चीज में थोड़ा फर्क आना स्वाभाविक है। सवाल: आपकी लॉ की पढ़ाई ने फिल्ममेकिंग में किस तरह मदद की? जवाब/अंबिका पंडित: लॉ की पढ़ाई मेरी जिंदगी में हमेशा काम आती है। फिल्ममेकिंग में भी इसका फायदा मिलता है। कानून ने मुझे सही और गलत के साथ-साथ न्याय और अन्याय का फर्क समझाया। लॉ पढ़ने से दुनिया और समाज को देखने का नजरिया मिला। मेरे लिए फिल्ममेकर के तौर पर नजरिया सबसे जरूरी चीज है। लॉ में भी इंसानों के बीच होने वाले संघर्ष को समझना पड़ता है और फिल्ममेकिंग में भी इंसानों और उनके संघर्षों को समझना जरूरी है। सवाल: क्राइम पर कई फिल्में और सीरीज बन चुकी हैं। इस फिल्म को अलग दिखाना कितना चुनौतीपूर्ण था? जवाब/सुदीप शर्मा: हमारे लिए यह सवाल ही नहीं था कि इसे बाकी क्राइम कहानियों से कैसे अलग करें, क्योंकि अंबिका की कहानी पहले से अलग थी। यह सामान्य मर्डर मिस्ट्री नहीं है। असल कहानी बबीता के सफर और जिंदगी की है। क्राइम सिर्फ माध्यम है, जिसके जरिए उसकी कहानी कही जाती है। यही इस फिल्म की खासियत है। सवाल: आप काफी यात्रा करते हैं और अलग-अलग कहानियों पर काम करते हैं। क्या असल जिंदगी में आपको बबीता जैसे किरदार मिलते हैं? जवाब/सुदीप शर्मा: बिल्कुल। ऐसे किरदार हमें आसपास देखने को मिलते हैं। फिल्ममेकर होने का यह फायदा है कि आपको ऐसे लोगों से मिलने और उन्हें समझने का मौका मिलता है, जिनसे शायद निजी जिंदगी में आपकी मुलाकात न हो। मुझे फिल्ममेकिंग का यह हिस्सा पसंद है। इससे हमें दुनिया को नए नजरिए से देखने और खुद को बेहतर समझने का मौका मिलता है। सवाल: ‘पाताल लोक’ और ‘कोहरा’ जैसे सफल प्रोजेक्ट्स से जुड़ने के बाद आगे बेहतर काम करने का दबाव रहता है? जवाब/सुदीप शर्मा: अच्छी नींद आती है। मेरे लिए पहले से ज्यादा सफल काम करने का दबाव नहीं है, क्योंकि सफलता पूरी तरह हमारे हाथ में नहीं होती। हां, अच्छा काम करने का दबाव हमेशा रहता है। चाहे आप पहली फिल्म बना रहे हों या 100वीं, जिम्मेदारी होनी चाहिए कि जो भी बनाएं, वह आपको खुद अच्छा लगे। दो साल बाद अपना काम देखें तो ऐसा न लगे कि मैंने यह क्या बना दिया था।फिल्ममेकिंग में हम अपनी सोच और नजरिया दुनिया के सामने रखते हैं। अगर लोगों को वह पसंद नहीं आता तो बुरा लगता है। एक छोटा सा जोक सुनाकर कोई न हंसे, तब भी बुरा लगता है। फिल्म बनाने में कई साल की मेहनत लगती है। इसलिए लोगों को वह पसंद नहीं आती तो दुख होता है। लेकिन यह काम हमने खुद चुना है, इसलिए इसकी शिकायत नहीं कर सकते। सवाल: आप राइटर, प्रोड्यूसर और डायरेक्टर तीनों रहे हैं। सबसे ज्यादा आजादी और चुनौती किसमें महसूस होती है? जवाब/सुदीप शर्मा: आजादी तो संन्यासी बनने में है। फिल्ममेकिंग में पूरी आजादी कहीं नहीं होती। आपको हमेशा किसी न किसी के प्रति जवाबदेह रहना पड़ता है। हालांकि पिछले कुछ सालों में फिल्ममेकिंग में आजादी बढ़ी है। पहले सफलता का एक ही पैमाना बॉक्स ऑफिस माना जाता था, लेकिन अब फिल्म को अच्छी सराहना मिलने की भी अपनी वैल्यू है। यह बदलाव अच्छी बात है। सवाल: क्या ‘बबीता सिंह रिपोर्टिंग’ को बड़े पर्दे के लिए भी बनाया जा सकता था? जवाब/सुदीप शर्मा: बिल्कुल। मुझे यह बात समझ नहीं आती कि कौन-सी कहानी बड़े पर्दे के लिए है और कौन-सी ओटीटी के लिए। कुछ साल पहले हम ऐसी ही कहानियां बड़े पर्दे पर बना रहे थे। फिर लोगों ने मान लिया कि अब ये कहानियां सिनेमाघरों में नहीं चलेंगी। लेकिन कहानी अच्छी हो, उसे अच्छे तरीके से बनाया और मार्केट किया जाए और सही सपोर्ट मिले, तो ऐसी कहानियां आज भी बड़े पर्दे पर चल सकती हैं। सवाल: अंबिका के डायरेक्शन को आप किस तरह देखते हैं? जवाब/सुदीप शर्मा: उन्होंने बहुत अच्छा काम किया है। वह बहुत अच्छी डायरेक्टर हैं। अगर मैं यह फिल्म बनाता तो शायद इसे उतना अच्छा नहीं बना पाता, जितना अंबिका ने बनाया है। इसी तरह अगर मैं इसे लिखता तो अंबिका जितना अच्छा नहीं लिख पाता। मैं खुद को भाग्यशाली मानता हूं कि मुझे इतने अच्छे टैलेंट के साथ काम करने का मौका मिला। उन्होंने पूरे दिल से यह फिल्म बनाई है। उम्मीद है कि दर्शकों को भी यह उतनी ही पसंद आएगी। सवाल: लॉ की पढ़ाई के बाद फिल्ममेकिंग में करियर बनाने का फैसला कब लिया? जवाब/अंबिका पंडित: लॉ में जब दो लोगों के बीच विवाद होता है, तब सही और गलत समझने की कोशिश की जाती है। फिल्ममेकिंग में भी संघर्ष अहम है। इंसानों के बीच क्या हो रहा है, हम एक-दूसरे के साथ क्यों नहीं बन पाते, हम जिंदगी कैसे जीते हैं-ये सभी चीजें कहानी का हिस्सा हैं। इसलिए लॉ और फिल्ममेकिंग के बीच मुझे कनेक्शन हमेशा महसूस हुआ।मुझे लॉ बहुत पसंद था, लेकिन मेरे अंदर एक क्रिएटिव पक्ष था, जो पूरी तरह संतुष्ट नहीं हो रहा था। फिल्ममेकिंग में आने के बाद मुझे लगा कि यह उस क्रिएटिव हिस्से को पूरा करने का स्वाभाविक रास्ता है। सवाल: अगर आपको अपने किसी शो के एक किरदार के साथ एक दिन बिताने का मौका मिले, तो किसे चुनेंगे? जवाब/सुदीप शर्मा: यह मुश्किल सवाल है। जब आप किसी किरदार को दिल से लिखते हैं तो कहीं न कहीं उसकी जर्नी का हिस्सा खुद भी बन जाते हैं। अगर मुझे किसी एक किरदार के साथ एक दिन बिताना हो तो मैं ‘पाताल लोक’ के हाथीराम चौधरी को चुनूंगी। मैंने उनके साथ बहुत समय बिताया है। उन्हें लिखने में सालों लगे और फिर उसे बनाने में भी काफी वक्त लगा। वह मेरी जिंदगी के पिछले करीब 10 साल का हिस्सा रहे हैं। इसलिए किसी एक किरदार के साथ समय बिताना हो तो हाथीराम चौधरी का नाम ही लूंगा।
बॉलीवुड एक्ट्रेस तापसी पन्नू कंगना रनोट से जुड़ा सवाल पूछे जाने पर भड़क गईं। हाल ही में कंगना ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए तापसी पर उनकी परवरिश और माता-पिता का मजाक उड़ाने का आरोप लगाया था। इस पर मीडिया से बातचीत के दौरान तापसी ने कहा कि जब लोग और मीडिया उनसे इस मुद्दे पर सवाल पूछना बंद कर देंगे, तब यह विवाद अपने आप खत्म हो जाएगा। तापसी अपनी अपकमिंग फिल्म 'गांधारी' के प्रमोशन के सिलसिले में बातचीत कर रही थीं। तापसी बोलीं- आप लोग विवाद खत्म नहीं होने देते जब तापसी से कंगना के आरोपों को लेकर सवाल पूछा गया, तो उन्होंने कहा, आप इस बात को खत्म क्यों नहीं होने देते? जब कोई हम दोनों से यह सवाल पूछना बंद कर देगा, तो यह मुद्दा भी खत्म हो जाएगा। आप सब लोगों को यह सब देखने में मजा आ रहा है, इसलिए वही सवाल पूछ रहे हैं। ऐसे सवाल पूछना अगर आप बंद कर दें, तो यह बात कब की खत्म हो जाती। कंगना ने सस्ती कॉपी कहा, फिर डिलीट की स्टोरी इससे पहले कंगना रनौत ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर दो स्टोरीज शेयर की थीं, जिन्हें बाद में उन्होंने डिलीट कर दिया था। उन्होंने लिखा, ‘एक सस्ती कॉपी अपनी आने वाली B-ग्रेड फिल्म को लेकर भी हमेशा की तरह मीडिया में सिर्फ हेडलाइन बनाने की कोशिश कर रही है, लेकिन आज उन्होंने सारी हदें पार कर दीं। उन्होंने मेरी परवरिश और मेरे माता-पिता का बेहद बेशर्मी से मजाक उड़ाया।’ एक्ट्रेस ने आगे लिखा, ‘मुझे लगता है कि सभी माता-पिता अपने बच्चों के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ करते हैं। मैं कभी किसी बहस में माता-पिता को नहीं लाती, लेकिन आज मैं उनके माता-पिता से भी पूछना चाहती हूं कि वे मेरे माता-पिता की तरह कोई ओरिजिनल इंसान क्यों नहीं पैदा कर सके? इतनी सस्ती कॉपी क्यों? आपकी कोशिशों के लिए मुझे अफसोस है।’ कंगना ने कहा- वो प्रतिष्ठित परिवार से आती हैंइसके बाद कंगना ने तापसी की टिप्पणी वाली एक खबर शेयर की और कहा कि कई लोग उनकी परवरिश और माता-पिता पर सवाल उठाते हैं। कंगना ने बताया कि उनका परिवार एक प्रतिष्ठित राजपूत जमींदार परिवार से आता है और उनके माता-पिता पढ़े-लिखे हैं। कंगना ने कहा कि यह उनकी निजी पसंद थी कि वह अपने करियर की शुरुआत बिल्कुल शुरुआत से करें। इसके लिए उनके माता-पिता पर सवाल क्यों उठाए जाते हैं? तापसी-कंगना का विवाद कई साल पुरानाअभिनेत्री तापसी पन्नू और कंगना रनोट के बीच विवाद काफी पुराना है। विवाद की शुरुआत 2018-19 के आसपास हुई। तापसी ने फिल्म 'मनमर्जियां' के प्रमोशन के दौरान कहा था कि कंगना को अपनी बात कहने के लिए फिल्टर की जरूरत है। इसके बाद 2019 में तापसी ने कंगना की फिल्म ‘जजमेंटल है क्या’ के ट्रेलर की तारीफ की, लेकिन कंगना का नाम नहीं लिया। इस पर कंगना की बहन रंगोली चंदेल ने तापसी को ‘सस्ती कॉपी’ कह दिया था। इसके बाद 2020 में सुशांत सिंह राजपूत के निधन के बाद बॉलीवुड में नेपोटिज्म को लेकर बहस तेज हुई। इसी दौरान कंगना ने तापसी और स्वरा भास्कर को ‘बी-ग्रेड एक्ट्रेस’ कहा था। कंगना ने कहा था कि दोनों आउटसाइडर होने के बावजूद नेपोटिज्म का समर्थन करती हैं। तापसी ने इस पर कहा था कि आउटसाइडर्स को आपस में नहीं लड़ना चाहिए। ये खबर भी पढ़ें 'भाई को बिकिनी में राखी क्यों बांधेंगी?':कृति सेनन के रक्षाबंधन विज्ञापन में रिवीलिंग ड्रेस के बाद कंगना रनोट ने उठाए सवाल कृति सेनन हाल ही में रक्षाबंधन के लिए बने एक ज्वेलरी ब्रांड के विज्ञापन में नजर आई थीं। विज्ञापन में उन्होंने इंडो-वेस्टर्न कपड़े पहने थे, जिसमें ब्रालेट जैसा ब्लाउज, केप और ड्रेप्ड स्कर्ट शामिल थी। पूरी खबर पढ़ें
अजय देवगन को फिल्म फूल और कांटे से लॉन्च करने वाले वेटरन फिल्ममेकर कुकू कोहली का मंगलवार को 77 साल की उम्र में निधन हो गया। उन्होंने मुंबई के कोकिलाबेन अस्पताल में आखिरी सांस ली। कुकू कोहली को हार्ट अटैक आया था। फिल्ममेकर अशोक पंडित ने इसकी पुष्टि की। अजय देवगन को फिल्म फूल और कांटे कुकू कोहली की भी डायरेक्टर के तौर पर पहली फिल्म थी। यह फिल्म सुपरहिट रही थी। इसके बाद कुकू कोहली ने कोहराम, सुहाग, हकीकत और जुल्मी जैसी फिल्में बनाईं। राज कपूर के साथ काम करके करियर शुरू किया कुकू कोहली ने अपने फिल्मी करियर की शुरुआत राज कपूर की फिल्म ‘बॉबी’ में असिस्टेंट के तौर पर काम करके की थी। उन्होंने कई साल उनके साथ रहकर फिल्म बनाने की बारीकियां सीखीं। बाद में वह फिल्म बेताब में सेकेंड यूनिट डायरेक्टर रहे। सनी देओल और अमृता सिंह स्टारर यह फिल्म हिट थी। इसके बाद उन्होंने अर्जुन में भी काम किया। 1991 में कुकू कोहली ने फूल और कांटे से बतौर डायरेक्टर शुरुआत की। फिल्म हिट रही और अजय देवगन को बॉलीवुड में पहचान मिली। इसके बाद उन्होंने कोहराम और सुहाग जैसी फिल्में बनाईं। सुहाग में अजय देवगन और अक्षय कुमार पहली बार साथ नजर आए थे। 1995 में उनकी फिल्म हकीकत रिलीज हुई। इसमें अजय देवगन और तब्बू थे। फिल्म को फिल्मफेयर अवॉर्ड्स में सात कैटेगरी में नॉमिनेशन मिला। कुकू को बेस्ट डायरेक्टर के लिए भी नॉमिनेशन मिला। इसके बाद उन्होंने जुल्मी, अनाड़ी नंबर 1 और ये दिल आशिकाना जैसी फिल्में बनाईं। उनकी आखिरी फिल्म वो तेरा नाम था 2004 में रिलीज हुई थी। कुकू कोहली और अरुणा ईरानी ने गुपचुप शादी की थी कुकू कोहली की दो शादियां हुई थीं। कुकू कोहली की पहली पत्नी का नाम रीता कोहली था। रीता कोहली और कुकू कोहली से उनकी दो बेटियां पूजा और करिश्मा हुईं। वहीं, कुकू कोहली की दूसरी शादी एक्ट्रेस अरुणा ईरानी से हुई। दोनों की पहली मुलाकात फिल्म कोहराम के सेट पर हुई थी। शुरुआत में दोनों के बीच बिल्कुल नहीं बनती थी। हालांकि, काम के दौरान कुकू कोहली अरुणा का काफी ख्याल रखते थे। धीरे-धीरे उनकी दोस्ती बढ़ी और यही दोस्ती प्यार में बदल गई। जब अरुणा को कुकू से प्यार हुआ, तब उन्हें पता चला कि कुकू पहले से शादीशुदा हैं। उनकी पहली पत्नी रीता कोहली से दो बेटियां भी थीं। इसके बावजूद अरुणा ने कुकू के साथ रिश्ता आगे बढ़ाया। दोनों ने 1990 में शादी कर ली। हालांकि, उन्होंने कई साल तक अपनी शादी को सार्वजनिक नहीं किया। अरुणा ने बताया था कि वह कुकू की पहली पत्नी और उनके परिवार की परेशानियां नहीं बढ़ाना चाहती थीं। इसलिए उन्होंने अपने रिश्ते को निजी रखा। वहीं, कुकू कोहली की पहली पत्नी के निधन के बाद दोनों ने अपने रिश्ते के बारे में खुलकर बात की। शादी के बाद अरुणा और कुकू ने बच्चे नहीं करने का फैसला लिया। अरुणा ने कहा था कि उस समय उनकी उम्र और कुकू के पहले से बच्चों को देखते हुए उन्होंने यह फैसला लिया। ……………….. यह खबर भी पढ़ें… लगान-गजनी फेम एक्टर प्रदीप रावत का निधन:74 साल के थे, दोबारा कैंसर हुआ था; महाभारत में अश्वत्थामा बने थे लगान और गजनी समेत कई फिल्मों में नजर आने वाले अभिनेता प्रदीप रावत का 74 साल की उम्र में 4 अगस्त को निधन हो गया। उनके निधन की जानकारी लगान में उनके साथ काम करने वाले अभिनेता यशपाल शर्मा ने इंस्टाग्राम पर श्रद्धांजलि देते हुए शेयर की थी। पूरी खबर यहां पढ़ें…
मुंबई पुलिस ने एक्टर सलमान खान को दी गई रंगदारी की धमकी मामले में फर्जी साजिश का खुलासा किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी ने किसी गैंगस्टर गैंग के नाम पर झूठी वॉट्सऐप चैट और फर्जी पहचान बनाई थी ताकि सलमान खान से पैसे ऐंठे जा सकें। आरोपी की ओर से किए गए दावों और सीसीटीवी फुटेज में अंतर मिलने के बाद पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की, जिसमें उसने पूरी कहानी गढ़ने की बात कबूल कर ली है। यह जानकारी न्यूज एजेंसी IANS की रिपोर्ट से सामने आई है। बांद्रा सी-फ्रंट से बरामद किए दो मोबाइल फोनपुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसने इलेक्ट्रॉनिक तरीकों का इस्तेमाल करके फर्जी वॉट्सऐप चैट तैयार की थीं। उसने डराने की नीयत से खुद को किसी गैंगस्टर गैंग का हिस्सा दिखाया था। आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने बांद्रा सी-फ्रंट के पास छिपाकर रखे गए दो मोबाइल फोन बरामद कर लिए हैं। इसके अलावा गवाहों की मौजूदगी में फर्जी वॉट्सऐप चैट के स्क्रीनशॉट भी जब्त किए गए हैं। पिछले साल अप्रैल में मिली थी मर्डर की धमकी सलमान खान को पिछले साल अप्रैल में जान से मारने की धमकी मिली थी। मुंबई के वर्ली स्थित ट्रांसपोर्ट डिपार्टमेंट में अज्ञात शख्स ने वॉट्सएप मैसेज कर सलमान खान की कार को बम से उड़ाने की बात कही। देर रात भेजे गए इस मैसेज में लिखा है- हम सलमान खान को घर में घुसकर मारेंगे। पुलिस ने इस मामले में गुजरात से एक आरोपी को गिरफ्तार किया था। बिहार से फोनपे पर मंगाए गए थे 1.30 लाख रुपएजांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी को बिहार के सीवान से फोनपे के जरिए लगभग 1.30 लाख रुपए मिले थे। यह रकम उसने बांद्रा में एक मनी ट्रांसफर एजेंट से कैश में हासिल की थी। मुंबई पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं 336(3), 351(3), 353(2), 271, 340 और 248 के साथ-साथ आईटी एक्ट की धारा 66(C) और 66(D) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि उसने अकेले यह काम किया या इसमें कोई और भी शामिल था। सलमान के गैलेक्सी अपार्टमेंट पर हो चुकी फायरिंगइससे पहले 14 अप्रैल 2024 को सुबह करीब 5 बजे सलमान खान के गैलेक्सी अपार्टमेंट पर 7.6 बोर की पिस्टल से 4 राउंड फायरिंग हुई थी। इस समय सलमान खान घर में ही मौजूद थे। सलमान को Y+ कैटेगरी की सुरक्षा, 24 घंटे 11 जवान साथ 'बिग बॉस 20' को होस्ट कर रहे सलमान'बिग बॉस 20' की मेजबानी की तैयारी में सलमान वर्कफ्रंट की बात करें तो सलमान खान रियलिटी शो 'बिग बॉस 20' को होस्ट करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। शो के नए सीजन के बारे में बात करते हुए सलमान ने कहा कि हर सीजन में नए गेम और ट्विस्ट होते हैं, लेकिन इस बार शो के केंद्र में एक रहस्य है। ये शो 6 सितंबर से शुरू हो रहा है।
एक्ट्रेस कृति सेनन ने अपने हालिया रक्षाबंधन एडवर्टाइजमेंट को लेकर हुई ट्रोलिंग पर चुप्पी तोड़ी है। इस एड में रिवीलिंग ड्रेस और पालतू कुत्ते (पेट डॉग) को राखी बांधने पर सोशल मीडिया पर उनकी आलोचना हुई थी। इस विवाद पर मंगलवार को इंस्टाग्राम स्टोरी के जरिए प्रतिक्रिया देते हुए कृति ने लिखा कि त्योहारों का असली मतलब पहनावे में नहीं, बल्कि परंपराओं के प्रति भावनाओं में होता है। इसके साथ ही उन्होंने महिलाओं के कपड़ों पर सवाल उठाने वालों को भी कड़ा जवाब दिया है। 'संस्कृति दिल में होती है, नेकलाइन में नहीं'कृति सेनन ने अपने पोस्ट में लिखा कि एथनिक फैशन में समय के साथ बदलाव आया है, लेकिन आज भी महिलाओं के अपनी संस्कृति के प्रति सम्मान को सिर्फ उनके कपड़ों से नापा जाता है। एक्ट्रेस ने सवाल उठाया कि समाज महिलाओं को क्या पहनना चाहिए, यह बताना कब बंद करेगा? उन्होंने कहा कि संस्कृति और परंपराएं इंसान के दिल में होती हैं, उसकी नेकलाइन में नहीं। 'बहन और पेट डॉग्स को भी बांधती हूं राखी'रक्षाबंधन पर बात करते हुए कृति ने कहा कि यह त्योहार सुरक्षा और प्यार के रिश्ते का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि वे और उनकी बहन नूपुर सेनन एक-दूसरे को राखी बांधती हैं, क्योंकि वे दोनों एक-दूसरे की सुरक्षा किसी भाई से कम नहीं करती हैं। कृति ने आगे लिखा कि यही प्यार पेट डॉग्स के लिए भी है, क्योंकि वे भी उनके परिवार का ही हिस्सा हैं। एड में पहनावे और पेट डॉग को लेकर हुआ था विवादयह पूरा विवाद जीवा (GIVA) ज्वेलरी ब्रांड के रक्षाबंधन एड के सामने आने के बाद शुरू हुआ था। एडवर्टाइजमेंट में कृति इंडो-वेस्टर्न ब्रालेट स्टाइल ब्लाउज में नजर आई थीं और वीडियो में वे एक पालतू कुत्ते को भी राखी बांधती दिखी थीं। इसके बाद सोशल मीडिया पर कई लोगों ने इसे भारतीय संस्कृति का अपमान बताते हुए एक्ट्रेस के कपड़ों को लेकर नाराजगी जताई थी और शिकायत दर्ज करने की मांग की थी। कंगना ने कहा- बिकिनी में राखी क्यों बांधेंगी? इस विवाद पर कंगना ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर लिखा- महिला होने के लिए यह शानदार समय है। हमारी अलमारियां कई तरह के कपड़ों से भरी हैं और आज की महिला ग्लोबल महिला है। कॉकटेल ड्रेस से लहंगा चोली, जींस से साड़ी और बिकिनी से सलवार-कमीज तक, आज हमारे पास कपड़ों के इतने विकल्प हैं। फिर आप अपने भाई को बिकिनी या अंडरगारमेंट्स में राखी क्यों बांधेंगी? आपके पास स्टाइलिंग के इतने विकल्प कहां गए? हा हा, यह विज्ञापन जानबूझकर अजीब बनाया गया लगता है। धार्मिक भावनाएं आहत करने का आरोपकुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने इस एडवर्टाइजमेंट को हिंदू धर्म और त्योहारों के प्रति असंवेदनशील करार दिया। एक यूजर ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि रक्षाबंधन के पवित्र त्योहार के गलत चित्रण और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप में एक्ट्रेस के खिलाफ केस दर्ज होना चाहिए। विवाद बढ़ने के बाद कृति सेनन के बचाव में भी कई लोग आगे आए हैं। सपोर्ट करने वाले यूज़र्स का कहना है कि कृति का आउटफिट किसी भी तरह से आपत्तिजनक नहीं है और लोगों को दूसरों के कपड़ों को जज करना बंद करना चाहिए। 'कॉकटेल 2' में नजर आई थीं कृति सेननकृति सेनन के वर्कफ्रंट की बात करें तो उन्हें हाल ही में रिलीज हुई फिल्म 'कॉकटेल 2' में देखा गया था। होमी अदजानिया के निर्देशन में बनी इस फिल्म में कृति के साथ शाहिद कपूर और रश्मिका मंदाना मुख्य भूमिका में थे। यह फिल्म 2012 में आई सैफ अली खान और दीपिका पादुकोण की फिल्म 'कॉकटेल' का सीक्वल थी, जिसे बॉक्स ऑफिस पर मिला-जुला रिस्पॉन्स मिला था। ये खबर भी पढ़ें हिट फिल्म के बाद भी 15 महीने बेरोजगार रहीं कृति:स्टारकिड्स ने छीने बड़े रोल, जिस किरदार पर सवाल उठे, उसी ने दिलाया नेशनल अवॉर्ड कृति सेनन बॉलीवुड की सफल अभिनेत्रियों में गिनी जाती हैं। उनके नाम नेशनल अवॉर्ड, कई सुपरहिट फिल्में और अपना प्रोडक्शन हाउस है। लेकिन इस मुकाम तक पहुंचने का रास्ता रिजेक्शन, अकेलेपन, तानों और आत्मविश्वास की लड़ाई से होकर गुजरा है। पूरी खबर पढ़ें
तापसी पन्नू स्टारर अपकमिंग फिल्म 'गांधारी' के 3 सितंबर को नेटफ्लिक्स पर रिलीज होने से पहले बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। स्क्रीनराइटर कल्याण बंदी ने नेटफ्लिक्स इंडिया और उसकी कंटेंट हेड मोनिका शेरगिल पर कहानी चोरी का आरोप लगाया है। कल्याण का दावा है कि उन्होंने साल 2019 में 'गांधारी' नाम की अपनी कहानी मोनिका शेरगिल को ईमेल की थी, जिसे तब रिजेक्ट कर दिया गया था। अब उसी टाइटल और कॉन्सेप्ट पर फिल्म बनाई जा रही है। कल्याण ने नेटफ्लिक्स को लीगल नोटिस भी भेजा है, लेकिन कंपनी ने 11 महीने से इसका कोई जवाब नहीं दिया है। नेटफ्लिक्स हेड को ईमेल की थी कहानीमिड-डे की रिपोर्ट के अनुसार, आईआईटी मद्रास से पढ़ें कल्याण बंदी ने 2019 में 'गांधारी' नाम से एक कहानी लिखी थी और इसे स्क्रीनराइटर्स एसोसिएशन में रजिस्टर्ड कराया था। यह कहानी एक मां की है जो चाइल्ड ट्रैफिकिंग नेटवर्क से अपनी बच्ची को बचाती है। कल्याण ने बताया कि उन्होंने अप्रैल 2019 में लिंक्डइन के जरिए मोनिका शेरगिल से संपर्क किया था। उस समय मोनिका वूट में थीं। उनके मांगने पर कल्याण ने 8 पेज की कहानी और 2 पेज का सिनोप्सिस उन्हें भेजा था। मई 2019 में मोनिका ने यह कहकर कहानी रिजेक्ट कर दी कि यह उनके काम की नहीं है। नेटफ्लिक्स के ऐलान के बाद प्रोड्यूसर्स ने खींचे हाथकल्याण बंदी ने बताया कि कहानी रिजेक्ट होने के बाद वे दूसरे प्रोडक्शन हाउस से बात कर रहे थे। साल 2023 में बवेजा स्टूडियोज इसे थिएटर रिलीज के लिए डेवलप करने पर राजी हुआ। हालांकि, सितंबर 2024 में जब नेटफ्लिक्स इंडिया ने कनिका ढिल्लों की लिखी 'गांधारी' फिल्म का ऐलान किया, तो कल्याण हैरान रह गए। कल्याण का आरोप है कि नेटफ्लिक्स के इस ऐलान के बाद दिसंबर 2024 में प्रोड्यूसर्स ने उनसे चुपचाप प्रोजेक्ट वापस ले लिया। इससे उन्हें भारी आर्थिक और प्रोफेशनल नुकसान हुआ। लीगल नोटिस का जवाब नहीं दिया, कोर्ट जाने से पीछे हटेइंडिया टुडे से बातचीत में कल्याण बंदी ने बताया कि नेटफ्लिक्स से कोई जवाब न मिलने पर उन्होंने स्क्रीनराइटर्स एसोसिएशन (SWA) से सलाह ली। इसके बाद सितंबर 2025 में उन्होंने नेटफ्लिक्स और मोनिका शेरगिल को लीगल नोटिस भेजा, जिसमें 40 लाख रुपए मुआवजे और क्रेडिट की मांग की गई थी। कल्याण के मुताबिक, 11 महीने बीत जाने के बाद भी नेटफ्लिक्स ने नोटिस का कोई जवाब नहीं दिया। उन्होंने कहा कि नेटफ्लिक्स की बड़ी लीगल टीम से लड़ाई लड़ना एक सरकारी कर्मचारी के रूप में आसान नहीं था, इसलिए वे कोर्ट नहीं जा सके और सोशल मीडिया पर मामला उठाया। प्रोडक्शन हाउस ने आरोपों को बताया गलत दूसरी तरफ, फिल्म की राइटर और प्रोड्यूसर कनिका ढिल्लों के प्रोडक्शन हाउस 'कथा पिक्चर्स' ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। कथा पिक्चर्स ने आधिकारिक बयान जारी कर कहा कि 'गांधारी' एक पूरी तरह से ओरिजिनल प्रोजेक्ट है और इसकी कहानी व स्क्रीनप्ले कनिका ढिल्लों ने खुद लिखे हैं। मेकर्स ने मीडिया और दर्शकों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर चल रहे इन दावों को सच न मानें। वहीं, मिड-डे के संपर्क करने पर नेटफ्लिक्स इंडिया और मोनिका शेरगिल ने अब तक इस विवाद पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। ये खबर भी पढ़ें लॉकअप तक क्यों पहुंचा नेटफ्लिक्स?:भारत के सबसे बड़े OTT की सबसे बड़ी बेचैनी, दबाव और बदलते बाजार की कहानी भारत में नेटफ्लिक्स के पास बड़े सितारे, बड़े बजट और वैश्विक पहचान है। फिर भी वह अमेजन प्राइम, जियोहॉटस्टार और दूसरे ओटीटी प्लेटफॉर्म जैसा सांस्कृतिक प्रभाव नहीं बना पाया। सवाल सिर्फ फ्लॉप शो का नहीं, दर्शकों से जुड़ाव का भी है। पूरी खबर पढ़ें
अभिनेता अभय वर्मा इन दिनों ‘ऑपरेशन सफेद सागर’ में भारतीय वायुसेना के अधिकारी आरएस धालीवाल का किरदार निभाकर चर्चा में हैं। इस भूमिका ने उन्हें अभिनेता के तौर पर चुनौती दी और देश के अनसंग हीरोज को करीब से समझने का मौका दिया। अभय बताते हैं कि एयरफोर्स स्टेशन में जवानों से मुलाकात, मिग-21 में बैठने और पूर्व एयर चीफ मार्शल धनोआ से मिलने के अनुभव उनके लिए बेहद भावुक और प्रेरणादायक रहे। धालीवाल के परिवार से मुलाकात को वह अपने करियर का खास सम्मान मानते हैं। उन्होंने युद्ध, परिवार, वर्दी और देश के लिए बलिदान पर भी बात की। सवाल: ‘ऑपरेशन सफेद सागर’ में काम करने का आपकी जिंदगी पर कितना असर पड़ा? जवाब: मेरे लिए एक्टिंग का एक ही फंडा है कि मैं हर दिन एक बेहतर इंसान बनूं। पिछले किरदार से जितनी खूबियां सीखूं, उन्हें अगले प्रोजेक्ट में इस्तेमाल करूं और एक बेहतर एक्टर बनूं। ‘ऑपरेशन सफेद सागर’ में हमारे देश के हीरोज को निभाने का मौका मिला। इसके साथ बहुत बड़ी जिम्मेदारी भी महसूस हुई। आज हम अपने परिवार के साथ चैन से सोते हैं, देश पर गर्व करते हैं और हमारे युवा सेना में जाने का सपना देखते हैं, तो इसमें इन अनसंग हीरोज का बहुत बड़ा योगदान है। एक्टर के तौर पर ऐसा किरदार मिलना मेरे लिए किसी एथलीट के ओलंपिक के लिए चुने जाने जैसा है। सवाल: आपका जन्म 27 जुलाई 1998 को हुआ और कारगिल विजय दिवस 26 जुलाई 1999 को था। जब आपने कारगिल और ऑपरेशन सफेद सागर को करीब से समझा तो क्या महसूस हुआ? जवाब: जब कारगिल युद्ध हुआ, तब मैं सिर्फ एक साल का था। उस समय मुझे कुछ पता नहीं था, लेकिन ‘कारगिल’ शब्द बहुत मशहूर हो गया था। बाद में किताबों के जरिए इसके बारे में जाना। ‘ऑपरेशन विजय’ के बारे में तो हम बहुत सुनते आए हैं, लेकिन ‘ऑपरेशन सफेद सागर’ की कहानी हमारे सामने नहीं आई थी। जब पहली बार डायरेक्टर ने इसके बारे में बताया तो मैंने उनसे पूछा- ‘सर, ये सच में हुआ था?’ सवाल बचकाना था, लेकिन कहानी इतनी अविश्वसनीय थी कि मुझे यकीन ही नहीं हुआ कि ऐसा हुआ भी था और हमें पता भी नहीं। सबसे खास बात यह थी कि मैं पहले से अपने हीरो के बारे में सोचकर नहीं आया था। किरदार निभाते-निभाते आरएस धालीवाल मेरे हीरो बन गए। उनकी बहादुरी, जज्बा और साहस ने मुझे बहुत प्रभावित किया। सवाल: एयरफोर्स के लोगों से मिलने पर आपको अपने किरदार की अहमियत कैसे महसूस हुई? जवाब: जब मैं एयरफोर्स स्टेशन में लोगों से मिला और बताया कि मैं आरएस धालीवाल का किरदार निभा रहा हूं, तो उनकी आंखों में अलग चमक आ गई। उनकी छाती गर्व से चौड़ी हो गई। एक व्यक्ति ने दोबारा मेरा हाथ मिलाकर कहा, ‘आप धाली को प्ले कर रहे हैं?’ हाल ही में रात में पुलिस अल्कोहल चेक कर रही थी। मैंने शीशा नीचे किया तो हवलदार ने मुझे दो बार देखा और पूछा कि आपने धाली का किरदार निभाया है ना? उन्होंने जाते-जाते दोबारा हाथ मिलाया। हमारे हीरोज के लिए लोगों के मन में जो सम्मान है, उसे महसूस करना मेरे लिए खास था। सवाल: आरएस धालीवाल बहुत कम बोलने वाले, आत्मविश्वासी और निडर अधिकारी थे। उन्हें निभाने की तैयारी कैसे की? जवाब: सबसे पहले तो मुझे डर लग रहा था, क्योंकि वह बहुत कम बोलते थे और मैं बहुत बोलता हूं। यही मेरी पहली चुनौती थी। हालांकि असली तैयारी हमारे डायरेक्टर और राइटर ने कराई। मुझे लगता है कि हर इंसान जो वर्दी पहनता है, वह भगवान का भेजा हुआ इंसान है। वह हमें बचाने के लिए वर्दी पहनता है, बिना कुछ मांगे अपना काम करता है। यह गुण मैंने अपनी मां और इन हीरोज में देखा है। वे कुछ कर जाते हैं, लेकिन उसके बारे में बताते नहीं हैं। मेडल नहीं मांगते। बस अपना काम करते हैं। हमारे शो में भी एक लाइन है कि वर्दी ऐसी चीज नहीं है जिसे कोई राह चलता आदमी खरीदकर पहन ले। जिसे इसे पहनने का मौका मिलता है, वह आम इंसान से ऊपर होता है। मैं आखिरी दिन तक खुद को तैयार करता रहा, लेकिन मुझे लगता है कि ऐसे लोगों जैसा पूरी तरह बनना संभव नहीं है। हम सिर्फ उनके जैसा बनने की कोशिश कर सकते हैं। सवाल: इस प्रोजेक्ट का ऑडिशन कैसे हुआ? जवाब: मैंने पहले ऑडिशन दिया था। वह ऑडिशन मुकेश छाबड़ा सर के ऑफिस में हुआ था। वह हर प्रोजेक्ट में कोशिश करते हैं कि मैं ऑडिशन दूं। मुझे यह बात अच्छी लगती है कि इंडस्ट्री में कुछ काम करने के बाद भी ऑडिशन देने में मुझे कोई दिक्कत नहीं होती। ऑडिशन पसंद आने के बाद जब मैं डायरेक्टर से मिला तो उन्होंने मुझे ‘ऑपरेशन सफेद सागर’ के बारे में विस्तार से बताया। मैं हैरान था कि ऐसा कुछ हमारे इतिहास में हुआ है और हमें इसके बारे में ज्यादा पता नहीं है। मेरे लिए सबसे बड़ी खुशी यह थी कि मुझे वर्दी पहनने और एक ऐसे इंसान को निभाने का मौका मिलेगा, जो आने वाली पीढ़ी के लिए उदाहरण है। सवाल: आपको दर्शकों से सबसे बड़ा कॉम्प्लीमेंट क्या मिला? जवाब: एक व्यक्ति ने मुझे डीएम किया और लिखा- ‘आप एक्टिंग छोड़ो, एयरफोर्स जॉइन कर लो।’ इससे बड़ा कॉम्प्लीमेंट मेरे लिए कुछ नहीं हो सकता। इसके अलावा एयर चीफ एपी सिंह जी मुझसे मिले और उन्होंने कहा, ‘यार, तू लग रहा है। तुमने कमाल का काम किया है।’ यह मेरे लिए बहुत बड़ी बात थी। एयरफोर्स के सबसे बड़े अधिकारी जब आपके काम की तारीफ करें और आशीर्वाद दें तो उससे बड़ा सम्मान क्या हो सकता है। सवाल: धालीवाल की बेटी से मुलाकात कैसी रही? जवाब: स्क्रीनिंग के दौरान उनकी बेटी से मुलाकात हुई। वह दो मिनट की भावुक मुलाकात थी। उन्हें समझ नहीं आ रहा था कि मुझसे क्या कहें और मुझे समझ नहीं आ रहा था कि उनसे क्या कहूं। ऐसा लग रहा था कि वह मेरी आंखों में अपने पिता की झलक देख रही हैं और मैं उनकी आंखों में धालीवाल साहब का एक हिस्सा देख रहा था। हम दोनों के पास शब्द कम पड़ गए थे। बस यही इच्छा थी कि जहां भी धालीवाल सर हों, उन्हें हम पर गर्व महसूस हो। सवाल: एयरफोर्स स्टेशन और मिग-21 के साथ शूटिंग का अनुभव कैसा रहा? जवाब: जब पहली बार एयरफोर्स स्टेशन में गया तो सबसे पहले फोन जमा हुआ। अंदर जाने से पहले बैकग्राउंड चेक भी हुआ। लेकिन अंदर जाने के बाद मुझे सबसे ज्यादा जो चीज महसूस हुई, वह थी एकता। सीनियर से जूनियर तक सभी एक-दूसरे के लिए तैयार थे। मुझे लगा कि अगर हमारा पूरा देश एयरफोर्स बेस की तरह एकजुट हो जाए तो कितना खूबसूरत होगा। पूर्व एयर चीफ मार्शल बीरेंद्र सिंह धनोआ सर से मिलने का भी मौका मिला। इतने बड़े लेजेंड होने के बावजूद वह कमरे में सबसे मजाकिया इंसान थे। इतने बड़े फैसले लेने वाले और देश के लिए युद्ध लड़ चुके इंसान का इतना सरल होना मेरे लिए प्रेरणादायक था। मिग-21 में बैठने का अनुभव शब्दों में बताना मुश्किल है। हम उन आखिरी कुछ नागरिकों और एक्टर्स में हैं, जिन्हें मिग-21 में बैठने का मौका मिला। इसी विमान ने हमारे लिए कई लड़ाइयां लड़ीं और कारगिल में भी अहम भूमिका निभाई। एक दिन हमारे सामने फाइटर जेट का लो फ्लाइंग शो हुआ। जेट करीब डेढ़ किलोमीटर दूर था, लेकिन उसकी आवाज इतनी तेज थी कि हमें शूटिंग रोकनी पड़ी। जब हमने उसे आसमान में जाते देखा तो मेरी और सिद्धार्थ सर की आंखें नम हो गईं। हमने एक-दूसरे को गले लगाया और भगवान को धन्यवाद दिया कि हमें यह देखने का मौका मिला। सवाल: युद्ध की कहानी में आपने भावनाओं और परिवार के पक्ष को कैसे निभाया? जवाब: मुझे लगता है कि अगर परिवार का एक व्यक्ति सेना में जाता है तो सिर्फ वह व्यक्ति नहीं जाता, पूरा परिवार उसके साथ जाता है। उसकी पत्नी भी अपना युद्ध लड़ती है और बच्चा भी अनजाने में उस संघर्ष का हिस्सा होता है। एक सैनिक देश के लिए लड़ रहा है, लेकिन उसके पीछे उसका परिवार भी खड़ा है। हर सफल सैनिक के पीछे एक और बड़ा सैनिक होता है, जो घर संभाल रहा है और यह जानते हुए भी परिवार को संभालता है कि उसका पति शायद वापस आए या नहीं। मेरे लिए युद्ध से ज्यादा जरूरी इंसान और रिश्ते हैं। मुझे लगता है कि युद्ध नहीं होना चाहिए। सीमाओं की रक्षा होनी चाहिए, लेकिन युद्ध नहीं। सवाल: पूरी स्टारकास्ट के बीच इतना अच्छा रिश्ता कैसे बना? जवाब: हम करीब ढाई साल से एक साथ हैं और अब भाइयों जैसे हो गए हैं। अगर किसी एक कलाकार के बारे में अच्छी खबर आती है तो हमें लगता है कि हमारी तारीफ हो रही है। हमने ‘गोल्डन एरोज’ और नंबर 17 स्क्वाड्रन वाली भावना को सच में अपना लिया है। हम एक-दूसरे के विंगमैन बन गए हैं। इस शो की सबसे बड़ी ताकत भी यही है कि अकेले जीतना बड़ी जीत नहीं है, सबके साथ जीतना बड़ी बात है। सिर्फ लड़कों की बात नहीं है, प्रजक्ता मैम और अमृता बख्शी ने भी शानदार काम किया है। वीर नारी अलका हौजा का किरदार भी बहुत खूबसूरती से निभाया गया है। सवाल: आपकी मां ने आपकी जर्नी में कितना योगदान दिया है? जवाब: मेरी मां मेरे लिए सबसे बड़ी प्रेरणाओं में से एक हैं। मैंने उनमें भी यही देखा है कि कुछ कर जाना और उसके बारे में कुछ न कहना। जब धालीवाल साहब के परिवार से मिला और उनकी आंखों में वह चमक देखी तो लगा कि मेरा मेडल मुझे मिल गया। उन्होंने कहा कि मैंने बहुत अच्छा काम किया है। मेरे लिए यह बहुत बड़ा सम्मान है, क्योंकि मैं यह किरदार अपने हीरो को ध्यान में रखकर निभा रहा था। सवाल: आपकी टी-शर्ट पर मिग-21 बना हुआ है। इसके पीछे क्या कहानी है? जवाब: एयरफोर्स की वर्दी पहनने का मौका मिला, लेकिन एयरफोर्स से बाहर यह टी-शर्ट मेरी वर्दी है। मैं इसे गर्व के साथ पहनता हूं। स्क्रीनिंग से कुछ दिन पहले एयरफोर्स के अधिकारी सिंघा सर से मैंने मजाक में कहा था कि आप मेरे लिए कुछ लेकर नहीं आए। उन्होंने कहा कि अगली बार जरूर लाऊंगा। मैं भूल गया था। करीब एक महीने बाद जब वह मिले तो मेरे लिए मिग लेकर आए। तब से जब भी मौका मिलता है, मैं इसे अपने साथ रखता हूं। यह मेरे लिए सिर्फ टी-शर्ट नहीं है। यह उस किरदार और हमारे देश के हीरोज की याद है। मिग-21 ने हमारे देश के लिए लड़ाइयां जीती हैं। इसलिए मेरे लिए इससे ज्यादा कीमती और गर्व की चीज शायद कुछ नहीं हो सकती।
कृति सेनन हाल ही में रक्षाबंधन के लिए बने एक ज्वेलरी ब्रांड के विज्ञापन में नजर आई थीं। विज्ञापन में उन्होंने इंडो-वेस्टर्न कपड़े पहने थे, जिसमें ब्रालेट जैसा ब्लाउज, केप और ड्रेप्ड स्कर्ट शामिल थी। इस लुक को लेकर सोशल मीडिया पर विवाद शुरू हो गया। कुछ यूजर्स ने कहा कि पारंपरिक त्योहार पर बने विज्ञापन में यह आउटफिट सही नहीं है। अब इस पर कंगना रनोट का भी रिएक्शन सामने आया है। हालांकि, उन्होंने कृति सेनन का नाम नहीं लिया। कंगना ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर लिखा- “महिला होने के लिए यह शानदार समय है। हमारी अलमारियां कई तरह के कपड़ों से भरी हैं और आज की महिला ग्लोबल महिला है। कॉकटेल ड्रेस से लहंगा चोली, जींस से साड़ी और बिकिनी से सलवार-कमीज तक, आज हमारे पास कपड़ों के इतने विकल्प हैं। फिर आप अपने भाई को बिकिनी या अंडरगारमेंट्स में राखी क्यों बांधेंगी? आपके पास स्टाइलिंग के इतने विकल्प कहां गए? हा हा, यह विज्ञापन जानबूझकर अजीब बनाया गया लगता है।” कृति सेनन का विज्ञापन विवादों में घिराबता दें कि कृति सेनन अपने एक नए एडवर्टाइजमेंट को लेकर विवादों में घिर गई हैं। रक्षाबंधन की थीम पर बने इस एड में कृति अपने ऑन-स्क्रीन भाई को राखी बांधती नजर आ रही हैं। हालांकि, एड में उनके रिवीलिंग ड्रेस (ब्रालेट आउटफिट) को लेकर सोशल मीडिया पर लोगों ने नाराजगी जताई। ब्रालेट ब्लाउज पहन राखी बांधने पर जताई नाराजगी जीवा (GIVA) ज्वेलरी ब्रांड के इस एडवर्टाइजमेंट में कृति सेनन ने केप के साथ ब्रालेट स्टाइल ब्लाउज और ड्रेप्ड स्कर्ट पहना हुआ है। वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर लोगों ने उनके कपड़ों पर सवाल उठाने शुरू कर दिए। यूजर्स का कहना है कि त्योहार के हिसाब से कपड़े पहनना कॉमन सेंस की बात है। विवाद बढ़ने के दौरान कई यूजर्स ने इस मामले में धर्म की तुलना भी शुरू कर दी। पूरी खबर यहां पढ़ें… कंगना ने अभिजीत दीपके पर तंज कसा वहीं, कंगना ने ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (सीजेपी) के फाउंडर अभिजीत दीपके पर तंज कसते हुए सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर किया। इस रील में पहले अभिजीत दीपके को अंग्रेजी में बयान देते हुए दिखाया गया, इसके बाद कंगना रनोट की अंग्रेजी बोलते हुए क्लिप दिखाई गई। वीडियो के कैप्शन में दोनों के अंग्रेजी बोलने के लेवल की तुलना की गई। वीडियो में लिखा था कि एक तरफ 12वीं पास कंगना हैं, जबकि दूसरी तरफ बोस्टन यूनिवर्सिटी से पढ़े सीजेपी दीपके हैं। वीडियो में कैप्शन में लिखा था कि एक में आग है, जबकि दूसरे को रीबूट की जरूरत है। बता दें कि वीडियो में कंगना ने बताया था कि करियर की शुरुआत में अंग्रेजी को लेकर उन्हें मुश्किलों का सामना करना पड़ा था और ‘कॉफी विद करण’ में सोनम कपूर ने उनका मजाक उड़ाया था। उन्होंने कहा कि इसके बावजूद उन्होंने शालीनता और आत्मविश्वास बनाए रखा। …………. कंगना रनोट से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें...कंगना रनोट ने आलोचकों पर साधा निशाना:बोलीं- आशुतोष राणा, सोनू सूद, तापसी और राखी मेरी तरह 1% भी सफल नहीं हुए, उनका ज्ञान नहीं सुनूंगी भाजपा सांसद और एक्ट्रेस कंगना रनोट ने आलोचकों पर निशाना साधा। उन्होंने आशुतोष राणा, सोनू सूद, राखी सावंत और तापसी पन्नू का नाम लेकर कहा कि अगर लोग उनकी तरह एक प्रतिशत भी सफल नहीं हुए हैं तो वह उनका ज्ञान नहीं सुनेंगी। कंगना ने बाबा रामदेव पर भी मर्यादा लांघने का आरोप लगाया। पूरी खबर यहां पढ़ें…
एक्ट्रेस हिमांशी खुराना ने एक्स बॉयफ्रेंड आसिम रियाज के धर्म परिवर्तन और निजी विवाद को लेकर किए दावों पर सोमवार को जवाब दिया। हिमांशी ने कहा कि उन्होंने जबरन धर्म परिवर्तन की बात नहीं कही थी। उन्होंने धर्म परिवर्तन से जुड़े तथ्य, सीसीटीवी फुटेज और रिकॉर्डिंग शेयर करने की बात कही और हिंसा के सबूत भी सामने रखने की बात कही। हिमांशी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा, मैंने हमेशा अपनी निजी जिंदगी की बातें लोगों के साथ शेयर करते समय सम्मान और समझदारी का ध्यान रखा है। चाहे वह मेरा बिग बॉस का अनुभव हो, मेरी आध्यात्मिक यात्रा हो या मेरी सेहत से जुड़ी बातें। मैंने अपनी जिंदगी के इन हिस्सों के बारे में हमेशा ईमानदारी से बात की है। मैंने कभी इन्हें किसी का अपमान करने या किसी को निशाना बनाने के लिए इस्तेमाल नहीं किया। उन्होंने आगे कहा, मैंने कभी नहीं कहा कि जबरदस्ती धर्म परिवर्तन हुआ था। यह बात लोगों और मीडिया ने अपने हिसाब से बनाई, लेकिन जब मेरी सेहत का मजाक उड़ाया जाता है और मेरी परेशानियों पर सवाल उठाए जाते हैं, तो मुझे लगता है कि अब मुझे अपनी सीमा तय करनी होगी। हिमांशी बोलीं- सबूतों के साथ पूरी बात करूंगी हिमांशी ने कहा कि अगर सबूतों की बात होगी तो वह धर्म परिवर्तन से जुड़े मामले के तथ्य और सबूत शेयर करने के लिए तैयार हैं। उन्होंने लिखा, अगर बात सबूतों की हो रही है, तो पूरी बात करते हैं। मैं धर्म परिवर्तन से जुड़े मामले के तथ्य और सबूत दिखाने के लिए तैयार हूं। इसमें सीसीटीवी फुटेज और रिकॉर्डिंग भी शामिल हैं। उम्मीद है, आपको 27 नवंबर 2023 की सुबह की बात याद होगी। मैं अपने साथ हुई हिंसा के सबूत भी सामने रख सकती हूं। हिमांशी ने बिना नाम लिए कहा कि वह आसिम की इमेज बचाने के लिए चुप नहीं रहेंगी। उन्होंने लिखा, अगर आप मेरी इमेज खराब करना चाहते हैं, तो अब मैं आपकी इमेज बचाने के लिए हर बात छिपाती नहीं रहूंगी। बार-बार मेरा अपमान और बेइज्जती होगी, तो मैं चुप भी नहीं रहूंगी। अलग-अलग प्रोडक्शन हाउस और चैनलों के लोगों ने आपकी हरकतों को छिपाया है, लेकिन अब मैं ऐसा नहीं करूंगी। हिमांशी ने कहा कि विवाद के दौरान उन्होंने अपनी गरिमा बनाए रखी और सम्मान दिखाया। उन्होंने लिखा, मैंने हमेशा अपनी इज्जत बनाए रखी और दूसरों को सम्मान दिया। बदले में मैं भी यही सम्मान चाहती हूं। अगर मुझे सम्मान नहीं मिलेगा, तो अब चुप रहने की कोई वजह नहीं है।अगर आप ‘सबूत’ की बात करना चाहते हैं, तो फिर इसे ईमानदारी से करते हैं। पूरी सच्चाई, तथ्यों और जवाबदेही के साथ। हिमांशी ने आगे लिखा कि अगर तुम सबूतों का खेल खेलना चाहते हो तो इसे तथ्यों, जवाबदेही और पूरी सच्चाई के साथ ईमानदारी से खेलते हैं। अपने बयान के आखिर में हिमांशी ने पूछा कि जब बाकी लोग अपने अनुभवों पर खुलकर बात करते हैं तो उन्हें अपनी जिंदगी और उससे मिली सीख साझा करने में परेशानी क्यों होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि मुझे समझ नहीं आता कि जब मैं अपनी जिंदगी और उससे मिली सीख के बारे में बात करती हूं, तो लोगों को परेशानी क्यों होती है। जब बाकी लोग अपने अनुभव खुलकर बताते हैं, तो मेरे अपनी कहानी बताने पर अलग नियम क्यों हैं? आसिम ने धर्म को विवाद में लाने पर आपत्ति जताई आसिम रियाज ने इंस्टाग्राम पर हिमांशी से धर्म बदलने के लिए कहने से इनकार किया था। उन्होंने कहा कि ध्यान खींचने के लिए निजी विवादों में धर्म को नहीं लाना चाहिए। आसिम ने रविवार को लिखा, “मैंने कभी किसी से धर्म बदलने के लिए नहीं कहा। एक बार भी नहीं। बल्कि, मैं ही तुम्हें फिटनेस की ओर लेकर गया था। मुझसे मिलने के बाद ही तुम इस शेप में आई हो, उससे पहले तुम कैसी दिखती थीं, यह सभी जानते थे।” उन्होंने आगे लिखा, “इसलिए धर्म को हथियार की तरह इस्तेमाल मत करो। यह बहुत संवेदनशील विषय है। किसी निजी बात को लोगों के मन में मेरे लिए नफरत पैदा करने की वजह बनाना अपरिपक्वता है और इससे सिर्फ यह पता चलता है कि ध्यान खींचने के लिए तुम कितनी नीचे जा सकती हो।” पूरी खबर यहां पढ़ें विवाद तब शुरू हुआ जब हिमांशी एक्टर पारस छाबड़ा के पॉडकास्ट में पहुंची थीं। इस दौरान हिमांशी से पारस ने पूछा था कि आपका धर्म परिवर्तन होने वाला था? जिस पर हिमांशी ने कहा था कि एक रात ऐसा वाकया हुआ कि मुझे बोला गया कि ये चीज तुम नहीं कर सकतीं। इसके बाद मैंने अपने मुंह से ये बात बोली कि इससे पहले मुझे चार धाम और सारे मंदिरों के दर्शन पूरे करने हैं क्योंकि फिर मैं कभी नहीं मिल पाऊंगी कि जैसे मैं अलविदा बोल रही हूं। उन्होंने आगे कहा था कि फिर मेरे दिमाग में ऐसी उल्टी चीजें आने लगीं। मैं ऐसे सोचने लगी कि मैं आपकी प्रेयर्स पढ़ूंगी तो आपको कैसे पता कि मेरे अंदर से ऊं नम शिवाय नहीं निकल रहा। पूरी खबर यहां पढ़ें दिसंबर 2023 में हुआ था दोनों का ब्रेकअप आसिम और हिमांशी ने करीब चार साल रिश्ते में रहने के बाद 6 दिसंबर 2023 को अलग होने का ऐलान किया था। उस समय हिमांशी ने अलग-अलग धार्मिक विश्वासों को ब्रेकअप की वजह बताया था।
बॉलीवुड अभिनेता गोविंदा की पत्नी सुनीता आहूजा मंगलवार सुबह जयपुर के फेमस श्री काले हनुमानजी मंदिर पहुंचीं। उन्होंने मंदिर में भगवान के दर्शन किए और आरती में हिस्सा लिया। उन्होंने पंडितजी से अपनी नजर उतरवाई और काला धागा भी बंधवाया। सुनीता पिछले कुछ दिनों से धार्मिक यात्रा पर हैं और मंदिरों में दर्शन कर अपने परिवार की सुख-शांति और खुशहाली की प्रार्थना कर रही हैं। सुनीता के साथ राजस्थान में उनका काम देखने वाले मैनेजर सौरभ प्रजापत भी मौजूद रहे। मंदिर पहुंचने पर उन्होंने पूजा-अर्चना की और काफी देर तक मंदिर परिसर में रहीं। इस दौरान उनका पूरा फोकस धार्मिक अनुष्ठान और प्रार्थना पर रहा। लगातार कर रहीं मंदिरों के दर्शन सुनीता आहूजा पिछले दो दिनों से जयपुर में हैं। इस दौरान उन्होंने शहर के प्रमुख मंदिरों में दर्शन किए। मंगलवार सुबह काले हनुमानजी मंदिर में दर्शन से पहले उन्होंने सोमवार को खाटूश्यामजी मंदिर में भी पूजा-अर्चना की थी। इससे पहले वह इंदौर में भी मंदिरों के दर्शन कर चुकी हैं। बताया जा रहा है कि सुनीता इन दिनों धार्मिक यात्राओं के जरिए मानसिक शांति हासिल करने और परिवार की खुशहाली के लिए प्रार्थना कर रही हैं। लगातार मंदिरों में जाकर पूजा-अर्चना करना उनकी इसी यात्रा का हिस्सा माना जा रहा है। परिवार की शांति के लिए कर रही हैं प्रार्थना सुनीता आहूजा की निजी जिंदगी पिछले कुछ समय से चर्चा में रही है। गोविंदा और सुनीता के रिश्ते को लेकर अनबन और तलाक की अर्जी से जुड़ी खबरें सामने आई थीं। ऐसे में उनकी धार्मिक यात्रा को परिवार में शांति और सुख-समृद्धि की कामना से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि, हाल ही में यह जानकारी सामने आई कि सुनीता ने गोविंदा से तलाक की अर्जी वापस ले ली है। इसके बाद दोनों के रिश्ते को लेकर चल रही चर्चाओं को भी एक नया मोड़ मिला है। कभी साथ आते थे खाटूश्यामजी सुनीता आहूजा पहले अपने पति गोविंदा के साथ भी खाटूश्यामजी के दर्शन के लिए आती रही हैं। दोनों की साथ में मंदिर यात्रा की तस्वीरें और खबरें भी पहले सामने आती रही हैं। अब सुनीता का अकेले धार्मिक यात्रा पर आना और परिवार की खुशहाली के लिए प्रार्थना करना उनके लिए यह दौर कितना भावनात्मक है, इसकी झलक देता है। ------------- ये खबर भी पढ़िए… तलाक की अर्जी वापस लेने के बाद जयपुर पहुंचीं सुनीता-आहूजा:एयरपोर्ट पर अलग अंदाज में नजर आई एक्टर गोविंदा की पत्नी, कल खाटूश्यामजी जाएंगी एक्टर गोविंद की पत्नी सुनीता आहूजा तलाक की अर्जी वापस लेने के बाद रविवार दोपहर को जयपुर पहुंचीं हैं। वह सोमवार को खाटूश्यामजी मंदिर में दर्शन कर बाबा श्याम के दरबार में हाजिरी लगाएंगी। सुनीता का खाटूश्यामजी से पहले भी जुड़ाव रहा है। बताया जा रहा है कि गोविंदा के पैर में गोली लगने वाली घटना के दिन भी वह खाटूश्यामजी मंदिर में दर्शन के लिए आई थीं। (पढ़िए पूरी खबर)
गोविंदा और सुनीता आहूजा की शादी को लेकर चल रहे विवाद के बीच कश्मीरा शाह ने कहा कि वो सुनीता आहूजा के साथ हैं। दरअसल, एक्टर अभिषेक कुमार की बर्थडे पार्टी में पैपराजी से बातचीत के दौरान कश्मीरा से परिवार के विवाद पर प्रतिक्रिया मांगी गई। उन्होंने मामले की हर बात पर चर्चा करने से इनकार किया, लेकिन कहा, “मैं इतना जानती हूं कि वह मेरी फैमिली है। मैं अपनी फैमिली को प्रोटेक्ट करूंगी और अपनी फैमिली की औरतों के साथ खड़ी हूं।” कश्मीरा ने सुनीता के सार्वजनिक तौर पर बोलने के फैसले का भी समर्थन किया। उन्होंने कहा कि अगर सुनीता आज अपनी बात रख रही हैं, तो “कुछ गलत हुआ होगा।” कश्मीरा के ताजा बयान से कुछ समय पहले उन्होंने शादी और बेवफाई को लेकर सोशल मीडिया पर एक क्रिप्टिक पोस्ट शेयर की थी। उन्होंने आसमान में दिल के आकार के निशान की तस्वीर के साथ सवाल किया था कि क्या अब भी “सच्चा प्यार” मौजूद है। उन्होंने कहा था कि शादियां टूटने और लोगों के धोखा देने से उनका भरोसा कम हुआ है। यह पोस्ट गोविंदा और सुनीता की शादी को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच आई थी। वहीं इससे पहले पिछले महीने में एक पोस्ट शेयर करते हुए, जब सुनीता शो 'लॉक अप सीजन 2' में थीं, तो उनको लेकर कश्मीरा ने लिखा था, मामी, मजबूत रहो। आप अकेली नहीं हैं, हम सब आपके साथ हैं। किसी को भी आपको कमजोर मत करने देना। असली जिंदगी हो या रील लाइफ, हमेशा खुद जैसी रहो और जो आपको परेशान कर रहा है, उसे उसी अंदाज में जवाब दो। उन्हें दिखा दो कि असली मुश्किल क्या होती है। उन्होंने आगे लिखा था, आपका यह ‘डेविल्स एंजेल’ आपकी रक्षा करने के लिए यहां है। मैं वादा करती हूं कि किसी को आपको नीचा दिखाने या रुलाने नहीं दूंगी। मुझे पता है कि आप उन्हें जवाब दे सकती हैं, लेकिन आप चुप हैं क्योंकि आप घर वापस जाना चाहती हैं। मेरा कहना है कि वहीं डटी रहो और जो भी शो में आपको परेशान कर रहा है, उसकी जिंदगी मुश्किल कर दो। आपसे आज भी और हमेशा प्यार रहेगा। सुनीता ने याचिका वापस लेने की वजह बताई सुनीता अपनी शादी में आ रही परेशानियों को लेकर पहले भी बोल चुकी हैं। हाल ही में सुनीता ने एक फोन कॉल में राखी सावंत से बातचीत के दौरान यह भी कहा कि उन्होंने तलाक की याचिका इसलिए वापस ली क्योंकि गोविंदा अपनी को-एक्ट्रेस कोमल रानी स्वर्णकार से शादी करने वाले थे। वहीं, गोविंदा के मैनेजर शशि सिन्हा ने सुनीता आहूजा के दावे को गलत बताया। इंडिया टुडे से बातचीत में शशि ने कहा कि सुनीता की बात सुनकर उन्हें हैरानी हुई। उन्होंने साफ कहा कि गोविंदा की दूसरी शादी का कोई सवाल ही नहीं है। उन्होंने कहा, मैं यह बात आपसे सुन रहा हूं। ऐसा कुछ नहीं है और न ही ऐसा होगा। दूसरी शादी नहीं हो रही है। वह उनकी पत्नी हैं और शायद उनके मन में कुछ चल रहा होगा, इसलिए उन्होंने ऐसा कहा। शशि ने कहा कि अगर गोविंदा सच में शादी खत्म करके दूसरी शादी करना चाहते, तो वह खुद तलाक की अर्जी देते। उनके मुताबिक, तलाक की प्रक्रिया सुनीता ने शुरू की थी और बाद में उन्होंने ही याचिका वापस ले ली। गोविंदा ने अफवाहों को लेकर पब्लिक नोटिस जारी किया वहीं, पर्सनल लाइफ को लेकर फैली अफवाहों को लेकर गोविंदा की ओर से पब्लिक नोटिस जारी किया गया। न्यूज एजेंसी ANI के मुताबिक, नोटिस में मीडिया ऑर्गनाइजेशन, डिजिटल प्लेटफॉर्म और कंटेंट क्रिएटर्स को गोविंदा या उनके परिवार से जुड़ा झूठा, बदनाम करने वाला, गलत इरादे वाला, मनगढ़ंत या बिना वेरिफाई किया हुआ कंटेंट बनाने और फैलाने से चेतावनी दी गई है। गोविंदा ने ऐसे लोगों के खिलाफ 100 करोड़ रुपए तक के सिविल दावे की चेतावनी दी है। पूरी खबर यहां पढ़ें…. …………… गोविंदा से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… गोविंदा-सुनीता की निजी जिंदगी पर कमेंट से भड़के कृष्णा:सेलेब्स को दी नसीहत, बोले- परिवार की बातों से फुटेज लेने की कोशिश न करें गोविंदा और सुनीता आहूजा के रिश्ते में चल रही अनबन के बीच उनके भांजे कृष्णा अभिषेक ने नाराजगी जताई है। सोमवार को मुंबई एयरपोर्ट पर पैपराजी ने मामा-मामी के रिश्ते पर सवाल किया तो कृष्णा ने जवाब देने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि उनसे सिर्फ मस्ती और काम से जुड़े सवाल पूछे जाएं। साथ ही, उन सेलेब्स पर नाराजगी जताई, जो इस पारिवारिक मामले पर लगातार बयान दे रहे हैं। पूरी खबर यहां पढ़ें…
संडे के बाद भी Awarapan 2 ने नहीं मानी हार, मंडे को ग्लोबल बॉक्स ऑफिस पर वसूली मोटी रकम
अभिनेता इमरान हाशमी की फिल्म आवारापन 2 ने सोमवार को ग्लोबली कमाई के मामले में हार नहीं मानी है।
भाजपा सांसद और एक्ट्रेस कंगना रनोट ने आलोचकों पर निशाना साधा। उन्होंने आशुतोष राणा, सोनू सूद, राखी सावंत और तापसी पन्नू का नाम लेकर कहा कि अगर लोग उनकी तरह एक प्रतिशत भी सफल नहीं हुए हैं तो वह उनका ज्ञान नहीं सुनेंगी। कंगना ने बाबा रामदेव पर भी मर्यादा लांघने का आरोप लगाया। कंगना बोलीं- मेरी तरह एक प्रतिशत भी सक्सेस नहीं कमा पाए तो आपका ज्ञान नहीं सुनूंगी दिल्ली में भाजपा सांसद और एक्ट्रेस कंगना रनोट ने अपने खिलाफ बयान देने वालों पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि कई लोग आए दिन उन्हें लेकर तरह-तरह की टिप्पणियां करते हैं और ज्ञान देने की कोशिश करते हैं। आईएएनएस से बातचीत में कंगना ने कहा, “मैं देखती हूं आए दिन कि इस तरह के लोग, चाहे वो आशुतोष राणा हों, जो कहते हैं कि कुत्ते की तरह भौंकते हैं, चाहे सोनू सूद, जो कहते हैं कि मुझे तरीका सीखना चाहिए।” उन्होंने आगे राखी सावंत और तापसी पन्नू का नाम लेकर भी निशाना साधा। कंगना ने कहा कि राखी सावंत उनके चरित्र पर भद्दी टिप्पणियां करती हैं, जबकि तापसी पन्नू उनके माता-पिता, परवरिश और बैकग्राउंड का अपमान करती रहती हैं। ‘आप लोग मेरी तरह एक प्रतिशत भी लाइफ में सक्सेस नहीं कमा पाए’ कंगना ने आलोचकों को जवाब देते हुए कहा, “ये लोगों के लिए मेरा सिर्फ एक मैसेज है कि अगर आप लोग मेरी तरह एक प्रतिशत भी लाइफ में सक्सेस नहीं कमा पाए हो, तो मैं आपका कोई भी ज्ञान नहीं सुनूंगी।” कंगना ने कहा कि वह उन लोगों की बातों को महत्व नहीं देतीं, जिन्होंने उनकी तरह सफलता हासिल नहीं की है। उन्होंने अपने करियर और उपलब्धियों के आधार पर आलोचकों को जवाब दिया। बाबा रामदेव पर भी साधा निशाना कंगना ने योग गुरु बाबा रामदेव का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने सभी मर्यादाएं लांघ दी हैं। हालांकि, उपलब्ध बयान में यह स्पष्ट नहीं है कि कंगना ने बाबा रामदेव के किस बयान या टिप्पणी के संदर्भ में यह बात कही। पहले भी विवादित बयानों को लेकर चर्चा में रही हैं कंगना कंगना रनोट अक्सर अपने बेबाक बयानों को लेकर सुर्खियों में रहती हैं। फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े कई कलाकारों के साथ उनका सार्वजनिक विवाद भी हो चुका है। सांसद बनने के बाद भी वह कई मुद्दों पर खुलकर अपनी राय रखती रही हैं। ताजा बयान में उन्होंने आलोचकों को सीधे जवाब दिया है। __________________________________ कंगना रनोट की यह खबर भी पढ़ें.. कंगना रनोट के बयान पर भड़के रामदेव:बोले- ओछे लोगों पर टिप्पणी नहीं; एक्ट्रेस ने कहा था- मेरी जवानी के बारे में सपने मत देखो हिमाचल प्रदेश से बीजेपी सांसद और एक्ट्रेस कंगना रनोट के ‘जेनरेशन गटर’ वाले बयान पर शुरू हुआ विवाद अब फिर चर्चा में है। योग गुरु बाबा रामदेव की टिप्पणी के बाद कंगना ने पलटवार करते हुए कहा था, “बाबा जी, मेरी जवानी या बेडरूम के बारे में डे-ड्रीम मत कीजिए।” अब कंगना के इस पलटवार पर रामदेव ने जवाब दिया है।पूरी खबर पढ़ें.. 'मेरी जवानी या बेडरूम के बारे में सपने मत देखो':बाबा रामदेव के बयान पर कंगना रनोट भड़कीं, बोलीं- मेरा चरित्र आपसे बेहतर है एक्ट्रेस और बीजेपी सांसद कंगना रनोट ने योग गुरु बाबा रामदेव की टिप्पणी पर भड़कते हुए कहा कि बाबा जी, मेरी जवानी या बेडरूम के बारे में सपने मत देखिए। दरअसल, कंगना ने बाबा रामदेव की उस टिप्पणी पर प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने कंगना के 'जेनरेशन गटर' वाले बयान को लेकर कहा था कि ये बिगड़े दिमाग की निशानी है। पूरी खबर यहां पढ़ें…
डॉन 3 से बाहर होने को लेकर रणवीर सिंह पर एक्सेल एंटरटेनमेंट के 45 करोड़ रुपए के कथित नुकसान के दावे का मामला अब IMPPA तक पहुंच गया है। पिता जगजीत सिंह ने एसोसिएशन के सामने रणवीर का पक्ष रखा है। उनकी लीगल टीम ने IMPPA के अधिकार क्षेत्र पर सवाल उठाए हैं। रणवीर सिंह और फिल्म डॉन 3 के मेकर्स के बीच विवाद नए मोड़ पर पहुंच गया है। फिल्म से कथित तौर पर बाहर होने के बाद एक्सेल एंटरटेनमेंट की ओर से रणवीर सिंह से करीब 45 करोड़ रुपए के नुकसान की भरपाई का दावा किए जाने की बात सामने आई थी। इसी मामले में रणवीर के पिता जगजीत सिंह भवानी ने IMPPA यानी इंडियन मोशन पिक्चर प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन का रुख किया है। IMPPA पहुंचे थे रणवीर के पिता 18 अगस्त को जगजीत सिंह भवानी IMPPA के अधिकारियों से मिले थे। उन्होंने रणवीर सिंह की ओर से अपना पक्ष रखते हुए संबंधित दस्तावेज और अन्य सामग्री एसोसिएशन को सौंपी थी। IMPPA प्रेसिडेंट अभय सिन्हा ने मुलाकात की पुष्टि की थी और कहा था कि बैठक ठीक रही। अब एसोसिएशन की लीगल टीम दोनों पक्षों के दस्तावेजों और दावों की जांच कर रही है। लीगल टीम ने अलग से IMPPA के अधिकार क्षेत्र पर सवाल उठाए दूसरी ओर, रणवीर सिंह की लीगल टीम ने IMPPA की भूमिका पर सवाल खड़े किए हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, टीम ने एसोसिएशन को औपचारिक जवाब देते हुए कहा है कि इस विवाद पर फैसला करने का अधिकार IMPPA के पास नहीं है। रणवीर की ओर से कहा गया है कि एक्सेल एंटरटेनमेंट के साथ उनके बीच कथित तौर पर कोई औपचारिक कॉन्ट्रैक्ट नहीं था, बल्कि एक MoU (मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग ) था। उनकी लीगल टीम ने 45 करोड़ रुपए के दावे का विरोध करते हुए IMPPA से हस्तक्षेप नहीं करने को कहा है। रिपोर्ट्स के अनुसार रणवीर की लीगल टीम ने IMPPA को चेतावनी दी है कि अगर एसोसिएशन ने अभिनेता के खिलाफ कोई प्रस्ताव या फैसला पारित किया, तो वह कानूनी रास्ता अपना सकते हैं। रणवीर की तरफ से तर्क दिया गया है कि अगर एक्सेल एंटरटेनमेंट और अभिनेता के बीच विवाद है और आपसी बातचीत से इसका हल नहीं निकलता, तो मामला कोर्ट में जाना चाहिए। दैनिक भास्कर से अभय सिन्हा ने क्या कहा? इस मामले पर दैनिक भास्कर से बात करते हुए IMPPA के प्रेसिडेंट अभय सिन्हा ने बताया कि यह केस करीब एक हफ्ते पहले IMPPA के पास आया था। फिलहाल एसोसिएशन की लीगल टीम इस पर काम कर रही है। अभय सिन्हा ने कहा कि दोनों पक्षों के दस्तावेज और दावों की जांच की जा रही है। उन्होंने बताया कि अगले हफ्ते प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इस मामले पर विस्तार से चर्चा की जाएगी। फिलहाल IMPPA ने इस विवाद पर कोई अंतिम फैसला नहीं दिया है। एसोसिएशन की लीगल टीम दोनों पक्षों के दस्तावेजों और दावों की जांच करेगी। क्या है 45 करोड़ रुपए का विवाद? दरअसल, रणवीर सिंह के डॉन 3 से कथित तौर पर अलग होने के बाद फिल्म के निर्माता फरहान अख्तर और रितेश सिधवानी की कंपनी एक्सेल एंटरटेनमेंट की ओर से अभिनेता से करीब 45 करोड़ रुपए के नुकसान की भरपाई की मांग की खबरें सामने आई थीं। बताया गया कि रणवीर के फिल्म से बाहर होने के कारण प्रोडक्शन की तैयारियों और अन्य कामों में निर्माताओं को आर्थिक नुकसान हुआ। इसी विवाद को लेकर मामला पहले फिल्म इंडस्ट्री की दूसरी संस्थाओं तक भी पहुंचा था। FWICE ने भी जारी किया था नॉन-कोऑपरेशन डायरेक्टिव मई में फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज यानी FWICE ने रणवीर सिंह के खिलाफ नॉन-कोऑपरेशन डायरेक्टिव जारी किया था। हालांकि, जून में इंडस्ट्री की अलग-अलग संस्थाओं से बातचीत के बाद यह डायरेक्टिव वापस ले लिया गया था। अब मामला IMPPA के सामने है। एक तरफ एसोसिएशन दोनों पक्षों के दस्तावेजों की जांच कर रही है, वहीं रणवीर की लीगल टीम IMPPA के अधिकार क्षेत्र पर सवाल उठा रही है। ऐसे में अगले हफ्ते होने वाली IMPPA की प्रेस कॉन्फ्रेंस इस विवाद में अहम मानी जा रही है। इसी बीच रणवीर सिंह ने अपने अगले प्रोजेक्ट प्रलय की शूटिंग शुरू कर दी है। जय मेहता के निर्देशन में बन रही यह जॉम्बी-बेस्ड थ्रिलर है, जिसमें उनके साथ कल्याणी प्रियदर्शन भी नजर आएंगी। _____________________ रणवीर सिंह की यह खबर भी पढ़ें.. रणवीर सिंह की नई फिल्म 'प्रलय' की शूटिंग शुरू:कल्याणी प्रियदर्शन संग नजर आएंगे एक्टर; धुरंधर' की सफलता के बाद रणवीर का बड़ा प्रोजेक्ट अभिनेता रणवीर सिंह ने अपनी अगली फिल्म 'प्रलय' की शूटिंग रविवार को मुंबई में शुरू कर दी है। मेकर्स की आधिकारिक घोषणा के अनुसार, यह एक एंड-ऑफ-द-वर्ल्ड (दुनिया के अंत) के संकट पर आधारित एक्शन थ्रिलर फिल्म है।पूरी खबर पढ़ें..
घर-घर पानी बेचा, ड्राइवर बने, अब हैं सफल फिल्ममेकर:जानिए 'कांतारा' फेम ऋषभ शेट्टी के संघर्ष की कहानी
कांतारा' फेम निर्माता-अभिनेता ऋषभ शेट्टी को फिल्म जगत में यह ख्याति हासिल करने से पहले जीवन के गहरे उतार-चढ़ावों से गुजरना पड़ा है। हाल ही उन्हें इंडियन फिल्म फेस्टिवल ऑफ मेलबर्न में बेस्ट डायरेक्टर का अवॉर्ड मिला है। जानते हैं उनकी संघर्ष से सफलता की कहानी.… कर्नाटक में उडुपी के छोटे-से गांव में जन्मे ऋषभ का असली नाम प्रशांत शेट्टी है। फिल्मों में आने के बाद उन्होंने अपना नाम बदल लिया। अपनी शुरुआती शिक्षा गांव में पूरी करने के बाद ऋषभ कॉलेज की पढ़ाई के लिए बेंगलुरु आ गए। लेकिन अभिनय में अपनी रुचि के चलते ग्रेजुएशन के दूसरे ही साल में वे स्थानीय लोकनाट्यों में हिस्सा लेने लगे थे। फिर उन्होंने बेंगलुरु के सरकारी फिल्म एंड टेलीविजन इंस्टीट्यूट से फिल्म डायरेक्शन में डिप्लोमा किया। संघर्ष : प्रोडक्शन हाउस में ऑफिस बॉय की नौकरी की, वडापाव खाकर गुजारा करते थे बेंगलुरु में पढ़ाई के दौरान ऋषभ के पास खर्चा चलाने के पैसे नहीं होते थे तो उन्होंने घर-घर मिनरल वाटर और चायपत्ती बेचने का काम किया। वे होटलों और प्रॉपर्टी व्यवसाय में भी छोटे-मोटे काम करते थे। डिप्लोमा करने के बाद वे कन्नड़ फिल्मों से जुड़े, लेकिन कई सालों तक उन्हें महज स्पॉट बॉय, क्लैप बॉय जैसे काम ही दिए जाते। एक्टिंग के लिए हर ऑडिशन में उन्हें रिजेक्ट कर दिया जाता। बेहतर कॅरिअर की तलाश में वे 2008 में मुंबई आ गए। लेकिन बड़े में शहर गुजारा और मुश्किल था। एक साक्षात्कार में उन्होंने बताया कि शुरुआती दिनों में उन्होंने अंधेरी के एक प्रोडक्शन हाउस में आॅफिस बॉय का काम किया। फिल्मों से जुड़े रहने के लिए उन्हें एक प्रोड्यूसर के यहां ड्राइवर की नौकरी तक करनी पड़ी। पैसे नहीं होते थे तो वे वडापाव खाकर ही पेट भर लेते थे। शुरुआत: तुगलक' से किया डेब्यू, सर्वश्रेष्ठ बाल फिल्म का राष्ट्रीय पुरस्कार भी मिला ऋषभ को 2012 में पहली बार फिल्म तुगलक' में एक निगेटिव किरदार मिला। 2016 तक छोटे-मोटे रोल निभाते हुए उन्होंने कन्नड़ फिल्म रिकी' से बतौर डायरेक्टर डेब्यू किया। अगली ही फिल्म किरिक पार्टी' सुपरहिट हुई। 2018 में उन्हें सर्वश्रेष्ठ बाल फिल्म का राष्ट्रीय पुरस्कार मिला। फिर 2019 में जाकर ऋषभ को बेल-बॉटम' में लीड एक्टर का रोल मिला। सफलता: कांतारा' ने रातोरात बनाया स्टार, जरूरतमंद बच्चों की आर्थिक मदद करते हैं डेब्यू के दस साल बाद 2022 में आई कांतारा' ने ऋषभ को रातोरात स्टार बना दिया। भूत कोला' प्रथा पर आधारित छोटे बजट की फिल्म ने करीब 400 करोड़ रुपए कमाए। इसका सिक्वल भी ब्लॉकबस्टर रहा। ऋषभ को बेस्ट एक्टर का राष्ट्रीय पुरस्कार मिला। उन्होंने अपने गांव केराडी के सरकारी स्कूल को गोद लिया है। ऋषभ शेट्टी फाउंउेशन के जरिए वे जरूरतमंद विद्यािर्थयों की आर्थिक मदद भी करते हैं।
फिल्म 'स्टूडेंट ऑफ द ईयर 2' फेम एक्टर आदित्य सील और उनकी पत्नी एक्ट्रेस अनुष्का रंजन जुड़वा बेटियों के पेरेंट्स बन गए हैं।अनुष्का ने 23 अगस्त 2026 को दो बेटियों को जन्म दिया। कपल ने सोशल मीडिया पर पोस्ट शेयर कर यह जानकारी साझा की। उन्होंने अपनी बेटियों के नाम 'वीरा रंजन सील' और 'माही रंजन सील' रखे हैं। आदित्य सील ने इंस्टाग्राम पर एक खास कार्ड शेयर कर खुशी जाहिर की और सभी का शुक्रिया अदा किया। आदित्य ने लिखा- हमारी जिंदगी में रोशनी आ गईआदित्य सील ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर बेटियों के आने की खुशी जाहिर करते हुए लिखा, मेरी सनशाइन हमारी जिंदगी को रोशन करने आ गई हैं। हमारा दिल प्यार और आभार से भरा हुआ है। वीरा और माही, टीम गर्ल। कपल ने जो कार्ड शेयर किया है, उसमें दो छोटी बच्चियों के क्यूट इलस्ट्रेशन बने हुए हैं। मई 2026 में शेयर की थी प्रेग्नेंसी की खबरकपल ने इसी साल प्रेग्नेंसी की घोषणा की थी। मई 2026 में एचटी सिटी को दिए इंटरव्यू में अनुष्का रंजन ने बताया था कि उनके बच्चे का जन्म सितंबर में होना तय था। उन्होंने कहा था कि वे इस खबर को शेयर करने में थोड़े लेट हो गए थे, क्योंकि वे खुद को थोड़ा वक्त देना चाहते थे। शादी की घोषणा करने से ज्यादा नर्वस वे इस खबर को शेयर करते वक्त थीं, लेकिन दोस्तों और लोगों के रिएक्शन से वे काफी इमोशनल महसूस कर रही थीं। प्रेग्नेंसी में 150 से ज्यादा इंजेक्शन लगेअनुष्का रंजन ने अपने यूट्यूब चैनल पर IVF ट्रीटमेंट पर खुलकर बात की थी। उन्होंने बताया था कि मां बनने की प्रक्रिया आसान नहीं थी और उन्हें करीब 150 से ज्यादा इंजेक्शन लेने पड़े थे। अनुष्का के मुताबिक, इंजेक्शन के दर्द के कारण वे रोने लगती थीं। अनुष्का ने बताया कि साल 2023 से वे फैमिली प्लानिंग की सोच रहे थे, जिसके बाद अपनी बहन आकांक्षा रंजन की सलाह पर उन्होंने डॉक्टर से संपर्क किया था। 2021 में मुंबई में हुई थी शादीआदित्य सील और अनुष्का रंजन की पहली मुलाकात 26 जून 2017 को हुई थी। दोनों अनुष्का के एनजीओ 'बेटी' के एक इवेंट में मिले थे। यहीं से दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई जो बाद में रिश्ते में बदल गई। कुछ सालों तक एक-दूसरे को डेट करने के बाद इस कपल ने नवंबर 2021 में मुंबई में शादी कर ली थी। आदित्य सील और अनुष्का रंजन का करियर आदित्य सील ने साल 2002 में फिल्म 'एक छोटी सी लव स्टोरी' से बतौर चाइल्ड आर्टिस्ट अपने अभिनय करियर की शुरुआत की थी। इसके बाद वे 'तुम बिन 2', 'स्टूडेंट ऑफ द ईयर 2', 'इंदू की जवानी' और 'रॉकेट गैंग' जैसी फिल्मों के अलावा वेब सीरीज 'द एम्पायर' में अहम भूमिकाओं में नजर आए। वहीं अनुष्का रंजन ने साल 2015 में रिलीज हुई रोमांटिक-कॉमेडी फिल्म 'वेडिंग पुलाव' से बॉलीवुड में डेब्यू किया था। इसके बाद उन्होंने फिल्म 'बत्ती गुल मीटर चालू' और लोकप्रिय वेब सीरीज 'फितरत' में काम किया, जिसमें उनके साथ आदित्य सील भी मुख्य किरदार में थे। ये खबर भी पढ़ें करीना कपूर खान प्रेग्नेंट नहीं हैं:तीसरी बार मां बनने की अफवाहों को टीम ने बताया गलत; ननद सबा बोलीं- कुछ बातें प्राइवेट रहने देना चाहिए एक्ट्रेस करीना कपूर खान के तीसरी बार प्रेग्नेंट होने की खबरों को उनकी टीम ने गलत बताया है। सोशल मीडिया पर प्रेग्नेंसी की अफवाहें फैलने के बाद टीम ने इंडियन एक्सप्रेस के साथ बातचीत में इसकी पुष्टि की कि करीना प्रेग्नेंट नहीं हैं। पूरी खबर पढ़ें
गोविंदा और उनकी पत्नी सुनीता आहूजा के रिश्ते को लेकर एक बार फिर चर्चाएं तेज हो गई हैं। दोनों ने इंस्टाग्राम पर एक-दूसरे को अनफॉलो कर दिया है। यह बदलाव ऐसे समय हुआ है, जब पिछले दिनों दोनों के रिश्ते में अनबन और तलाक की खबरों ने खूब सुर्खियां बटोरी थीं। बॉलीवुड के मशहूर अभिनेता गोविंदा और उनकी पत्नी सुनीता आहूजा एक बार फिर अपने रिश्ते को लेकर चर्चा में हैं। दोनों ने इंस्टाग्राम पर एक-दूसरे को अनफॉलो कर दिया है। सोशल मीडिया पर सामने आया यह बदलाव इसलिए भी खास माना जा रहा है, क्योंकि पिछले कुछ समय से दोनों के रिश्ते को लेकर लगातार खबरें सामने आ रही हैं। गोविंदा और सुनीता की शादी को करीब चार दशक हो चुके हैं। दोनों लंबे समय से बॉलीवुड की चर्चित जोड़ियों में शामिल रहे हैं। हालांकि, पिछले दिनों उनके रिश्ते में खटास और अलगाव की खबरों ने फैंस का ध्यान अपनी ओर खींचा था। तलाक की कथित याचिका की खबर सामने आने के बाद इस मामले को लेकर काफी चर्चा हुई थी। इसके बाद गोविंदा के मैनेजर शशि सिन्हा ने दैनिक भास्कर से बातचीत में कहा था कि सुनीता आहूजा ने तलाक की याचिका वापस ले ली है। उन्होंने यह भी कहा था कि गोविंदा और सुनीता अलग नहीं हो रहे हैं। इस बयान के बाद माना जा रहा था कि दोनों के रिश्ते को लेकर चल रही चर्चाओं पर विराम लग गया है। लेकिन अब इंस्टाग्राम पर दोनों का एक-दूसरे को अनफॉलो करना फिर सुर्खियों में आ गया है। सोशल मीडिया पर दोनों के प्रोफाइल में यह बदलाव नजर आने के बाद फैंस और यूजर्स के बीच तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। खास बात यह है कि सोशल मीडिया पर किसी को अनफॉलो करना अपने आप में रिश्ते के टूटने या तलाक का सबूत नहीं माना जा सकता। लेकिन गोविंदा और सुनीता के मामले में यह बदलाव इसलिए ज्यादा चर्चा में है, क्योंकि यह घटनाक्रम उनके रिश्ते को लेकर चल रही पिछली खबरों के बाद सामने आया है। पिछले दिनों सुनीता आहूजा को लेकर भी कई तरह की खबरें सामने आई थीं। उनके कथित तौर पर फैमिली कोर्ट जाने की खबरों ने भी अलगाव की चर्चाओं को हवा दी थी। वहीं, गोविंदा की तरफ से सोशल मीडिया और मीडिया में उनके परिवार को लेकर फैल रही कथित गलत और मानहानिकारक खबरों पर नाराजगी भी सामने आई थी। गोविंदा के मैनेजर की तरफ से तलाक की याचिका वापस लिए जाने और दोनों के अलग नहीं होने की बात कहे जाने के बावजूद अब इंस्टाग्राम पर हुआ यह बदलाव निश्चित तौर पर चर्चा का विषय बन गया है। फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या इंस्टाग्राम का यह अनफॉलो महज सोशल मीडिया से जुड़ा बदलाव है या फिर गोविंदा और सुनीता के बीच रिश्ते में एक बार फिर कोई नया मोड़ आया है। दोनों की शादीशुदा जिंदगी को लेकर पहले भी कई तरह की अटकलें लगती रही हैं, इसलिए सोशल मीडिया का यह बदलाव भी लोगों का ध्यान खींच रहा है। हालांकि, अनफॉलो करने की बात सोशल मीडिया प्रोफाइल पर दिखाई दे रही है, लेकिन इससे दोनों के अलग होने या तलाक लेने का निष्कर्ष निकालना सही नहीं होगा। अब सबकी नजर इस बात पर है कि गोविंदा और सुनीता इस पूरे मामले पर आगे क्या रुख अपनाते हैं। ________________________ गोविंदा से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें.. अस्पताल के बाहर दिखे गोविंदा:दूसरी शादी के दावे पर मैनेजर ने दिया रिएक्शन; झूठी खबरों को लेकर एक्टर ने जारी किया नोटिस एक्टर गोविंदा को शनिवार को मुंबई के जुहू में अस्पताल के बाहर स्पॉट किया गया। हालांकि, गोविंदा अस्पताल क्यों गए थे, इसकी वजह सामने नहीं आई।पूरी खबर पढ़ें..
बॉलीवुड एक्ट्रेस कृति सेनन अपने एक नए ज्वेलरी एडवर्टाइजमेंट को लेकर विवादों में घिर गई हैं। रक्षाबंधन के थीम पर बने इस एड में कृति अपने ऑन-स्क्रीन भाई को राखी बांधती नजर आ रही हैं। हालांकि, एड में उनके इंडो-वेस्टर्न आउटफिट (ब्रालेट स्टाइल ब्लाउज और ड्रेप्ड स्कर्ट) को लेकर सोशल मीडिया पर लोगों ने नाराजगी जताई है। कई यूजर्स का कहना है कि रक्षाबंधन जैसे पारंपरिक त्योहार के लिए यह पहनावा सही नहीं है, जबकि कुछ लोग एक्ट्रेस के समर्थन में उतर आए हैं। ब्रालेट ब्लाउज पहनकर राखी बांधने पर जताई नाराजगीजीवा (GIVA) ज्वेलरी ब्रांड के इस एडवर्टाइजमेंट में कृति सेनन ने केप के साथ ब्रालेट स्टाइल ब्लाउज और ड्रेप्ड स्कर्ट पहना हुआ है। वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर लोगों ने उनके कपड़ों पर सवाल उठाने शुरू कर दिए। यूजर्स का कहना है कि त्योहार के हिसाब से कपड़े पहनना कॉमन सेंस की बात है। विवाद बढ़ने के दौरान कई यूजर्स ने इस मामले में धर्म की तुलना भी शुरू कर दी। लोगों ने सवाल उठाया कि क्या ईद या क्रिसमस जैसे अन्य धार्मिक त्योहारों के विज्ञापनों में भी इस तरह के मॉडर्न कपड़ों को स्वीकार किया जाता? लोगों का कहना था कि केवल हिंदू त्योहारों और परंपराओं को दिखाते समय ही इस तरह के प्रयोग क्यों किए जाते हैं। धार्मिक भावनाएं आहत करने का आरोपकुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने इस एडवर्टाइजमेंट को हिंदू धर्म और त्योहारों के प्रति असंवेदनशील करार दिया। एक यूजर ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि रक्षाबंधन के पवित्र त्योहार के गलत चित्रण और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप में एक्ट्रेस के खिलाफ केस दर्ज होना चाहिए। विवाद बढ़ने के बाद कृति सेनन के बचाव में भी कई लोग आगे आए हैं। सपोर्ट करने वाले यूज़र्स का कहना है कि कृति का आउटफिट किसी भी तरह से आपत्तिजनक नहीं है और लोगों को दूसरों के कपड़ों को जज करना बंद करना चाहिए। 'कॉकटेल 2' में नजर आई थीं कृति सेननकृति सेनन के वर्कफ्रंट की बात करें तो उन्हें हाल ही में रिलीज हुई फिल्म 'कॉकटेल 2' में देखा गया था। होमी अदजानिया के निर्देशन में बनी इस फिल्म में कृति के साथ शाहिद कपूर और रश्मिका मंदाना मुख्य भूमिका में थे। यह फिल्म 2012 में आई सैफ अली खान और दीपिका पादुकोण की फिल्म 'कॉकटेल' का सीक्वल थी, जिसे बॉक्स ऑफिस पर मिला-जुला रिस्पॉन्स मिला था। ये खबर भी पढ़ें हिट फिल्म के बाद भी 15 महीने बेरोजगार रहीं कृति:स्टारकिड्स ने छीने बड़े रोल, जिस किरदार पर सवाल उठे, उसी ने दिलाया नेशनल अवॉर्ड कृति सेनन बॉलीवुड की सफल अभिनेत्रियों में गिनी जाती हैं। उनके नाम नेशनल अवॉर्ड, कई सुपरहिट फिल्में और अपना प्रोडक्शन हाउस है। लेकिन इस मुकाम तक पहुंचने का रास्ता रिजेक्शन, अकेलेपन, तानों और आत्मविश्वास की लड़ाई से होकर गुजरा है। पूरी खबर पढ़ें
मिस ओशियन वर्ल्ड 2026 के ग्रैंड फिनाले में यूनाइटेड किंगडम की मॉली मैरी बक्ली ने मिस ओशियन वर्ल्ड 2026 का खिताब अपने नाम किया। जयपुर के मानसरोवर स्थित अनंत महल में अंतरराष्ट्रीय ब्यूटी पेजेंट ‘मिस ओशियन वर्ल्ड 2026’ के ग्रैंड फिनाले का आयोजन किया गया। इस अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में 20 देशों की प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। भारत की हीना बनी सेकंड रनर-अप इंडोनेशिया की बेनिंग फज्रियानी फर्स्ट रनरअप, भारत की हीना ठाकुर सेकंड रनर-अप, जापान की काना सागारा थर्ड रनरअप और जिम्बाब्वे की प्योरिटी तनात्स्वानाशे मकूबा फोर्थ रनर-अप रहीं। यह आयोजन टूरिज्म और कल्चरल एक्सचेंज एक्टिविटीज के तहत आयोजित किया गया। ग्लैमर, फैशन और सांस्कृतिक विविधता से सजे इस आयोजन में मिसेज कैटेगिरी में रूस की टाटिना फेडरिसेचवा ने विनर क्राउन जीता। वहीं जयपुर की अदिति ने भारत के रिप्रजेंटेशन के साथ फर्स्ट रनरअप का टाइटल जीता। 20 देशों की प्रतिभाओं ने दिखाई अपनी संस्कृति 9 दिन तक चले इस आयोजन में दुनिया के अलग-अलग देशों से आई ब्यूटी क्वीन ने न केवल अपने टैलेंट का प्रदर्शन किया, बल्कि अपने-अपने देश की संस्कृति, विरासत और परंपराओं को भी जयपुर के मंच पर प्रस्तुत किया। आयोजन की मुख्य थीम ‘क्लीन और पॉल्यूशन-फ्री ओशन’ रही। कंटेस्टेंट्स ने विभिन्न गतिविधियों और राउंड्स के जरिए समुद्र और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। प्रतियोगिता का उद्देश्य ब्यूटी और फैशन के मंच के साथ दुनिया भर में समुद्रों को प्रदूषण मुक्त रखने के प्रति जागरूकता बढ़ाना भी रहा। ग्रैंड फिनाले की शुरुआत एनआईएफ ग्लोबल जयपुर के कमला पोदार इंस्टीट्यूट के डिजाइनिंग स्टूडेंट्स द्वारा डिजाइन की गई ड्रेसेज में ओपनिंग एक्ट से हुई। इसके बाद प्रतिभागियों ने नेशनल कॉस्ट्यूम राउंड, पॉल्यूशन-फ्री एनवायरनमेंट एडवोकेसी राउंड और प्रश्न-उत्तर राउंड में अपनी प्रतिभा और व्यक्तित्व का प्रदर्शन किया। नेशनल कॉस्ट्यूम राउंड में प्रतिभागियों ने अपने देशों की सांस्कृतिक पहचान, पारंपरिक परिधान और विरासत को रैंप पर पेश किया। वहीं एडवोकेसी राउंड में मॉडल्स ने पर्यावरण और समुद्र संरक्षण से जुड़े मुद्दों पर अपनी सोच रखी। इवेंट के फोटोज देखिए… क्राउन पासिंग सेरेमनी रही खास प्रतियोगिता के अंत में क्राउन पासिंग सेरेमनी आयोजित की गई। इस विशेष सेरेमनी को पूर्व मिस ओशियन वर्ल्ड लॉरा हडसन ने संपन्न कराया। विजेता मॉली मैरी बक्ली के सिर पर ताज सजते ही कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने तालियों के साथ उनका स्वागत किया। मिस ओशियन वर्ल्ड 2026 के खिताब के साथ यूके की मॉली मैरी बक्ली ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी प्रतिभा और व्यक्तित्व की पहचान बनाई। वहीं अलग-अलग देशों से आईं अन्य प्रतिभागियों ने भी अपनी प्रस्तुतियों से दर्शकों और जूरी को प्रभावित किया। 9 दिन तक चला आयोजन फ्यूजन ग्रुप के चेयरमैन एवं डायरेक्टर योगेश मिश्रा ने बताया कि नौ दिनों तक चले आयोजन के दौरान गाउन राउंड और स्विमसूट राउंड के तहत फोटोशूट भी किए गए। इन गतिविधियों के माध्यम से प्रतिभागियों ने क्लीन ओशन और पॉल्यूशन-फ्री ओशन का संदेश दिया। मिस ओशियन वर्ल्ड 2026 प्रतियोगिता में ये रहे जज जूरी पैनल में जैस्मीन राणा, मिस ग्लोब इंडिया 2025 लॉरा हडसन, मिस ओशियन वर्ल्ड 2023 मिताली कौर, मिस इंटरकॉन्टिनेंटल इंडिया, प्रियन सैन, मिस ओशियन वर्ल्ड मिस ओशियन वर्ल्ड के चेयरमैन योगेश मिश्रा, सीपी राठौड़, एकता जैन और जयपुर मैराथन के सीईओ मुकेश मिश्रा शामिल रहे। कोरियोग्राफी शाहरुख खान सुधीर ने की। कार्यक्रम का संचालन राकेश शर्मा ने किया।
एक्टर रितेश देशमुख पैसे उधार देने वाले पैपराजी को सोशल मीडिया की ममद से ढूंढ रहे हैं। दरअसल रविवार को मुंबई के एक रेस्टोरेंट के बाहर कुछ बच्चों ने उनसे मदद मांगी, लेकिन उस वक्त रितेश के पास नकद पैसे नहीं थे। इस दौरान वहां मौजूद एक पैपराजी ने रितेश की तरफ से उन बच्चों को पैसे दे दिए। अब रितेश उस फोटोग्राफर का उधार चुकाना चाहते हैं। इसके लिए उन्होंने इंस्टाग्राम पर उस फोटोग्राफर की तस्वीर शेयर कर लोगों से उसका कांटेक्ट नंबर ढूंढने की अपील की है। रेस्टोरेंट के बाहर बच्चों ने मांगी थी मददरविवार को रितेश देशमुख अपनी पत्नी जेनेलिया डिसूजा के साथ मुंबई के एक रेस्टोरेंट में पहुंचे थे। रेस्टोरेंट से बाहर निकलते ही पैपराजी उनकी तस्वीरें क्लिक करने लगे। उसी वक्त कुछ छोटे बच्चे रितेश के पास पहुंचे और उनसे पैसे मांगने लगे। रितेश ने अपनी जेब चेक की, लेकिन उस समय उनके पास कैश मौजूद नहीं था। फोटोग्राफर ने आगे आकर दिए पैसेएक्टर को ऐसी स्थिति में देखकर वहां मौजूद एक पैपराजी फोटोग्राफर तुरंत आगे आया। उसने अपनी जेब से पैसे निकालकर रितेश की तरफ से उन बच्चों को दे दिए। रितेश ने उस वक्त उस फोटोग्राफर को धन्यवाद कहा, लेकिन वे उस छोटे से उधार को भी वापस लौटाना चाहते थे। इंस्टाग्राम पर फोटो शेयर कर मांगा नंबरघटना के बाद रितेश ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर उस फोटोग्राफर की फोटो शेयर की। उन्होंने लिखा, भाऊ, धन्यवाद। कृपया मुझे इनका नंबर ढूंढने में मदद करें। इन्होंने मेरी तरफ से बच्चों को पैसे दिए थे और मुझे उनका यह उधार चुकाना है। सोशल मीडिया पर लोग रितेश के इस व्यवहार की सराहना कर रहे हैं। शिवाजी महाराज के रोल में दिखे थे रितेशरितेश देशमुख के वर्क फ्रंट की बात करें तो उन्होंने हाल ही में एक मराठी फिल्म में छत्रपति शिवाजी महाराज की ऐतिहासिक भूमिका निभाई थी, जिसे दर्शकों से अच्छी प्रतिक्रिया मिली थी। इसके अलावा वे हाल ही में रिलीज हुई कॉमेडी फिल्म 'धमाल 4' में भी नजर आ चुके हैं। रितेश अक्सर सोशल मीडिया पर पैपराजी के साथ हल्के-फुल्के पल शेयर करते रहते हैं। ये खबर भी पढ़ें रितेश को लोगों ने एक्टर नहीं, सीएम का बेटा माना:फिल्में फ्लॉप हुईं तो एक्टिंग छोड़ना चाहते थे; कॉमेडी से पहचान मिली, विलेन बनकर चौंकाया कॉमेडी फिल्मों से पहचान बनाने वाले रितेश देशमुख आज ‘राजा शिवाजी’ में छत्रपति शिवाजी महाराज के किरदार को लेकर चर्चा में हैं। हालांकि एक दौर ऐसा भी था, जब लगातार फ्लॉप फिल्मों और ट्रोलिंग से परेशान होकर उन्होंने एक्टिंग छोड़ने का मन बना लिया था। पूरी खबर पढ़ें
'बिग बॉस 13' के रनर-अप आसिम रियाज ने अपनी एक्स-गर्लफ्रेंड हिमांशी खुराना के धर्म परिवर्तन वाले दावों पर सफाई दी है। सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर कर आसिम ने इन आरोपों को पूरी तरह गलत बताया है। हाल ही में हिमांशी ने एक पॉडकास्ट में दावा किया था कि आसिम ने उन पर अपना धर्म बदलने का दबाव बनाया था। इस पर आसिम ने कहा कि उन्होंने कभी किसी से धर्म बदलने के लिए नहीं कहा और उनके खिलाफ नफरत फैलाने के लिए इस संवेदनशील मुद्दे का इस्तेमाल किया जा रहा है। इंस्टाग्राम पोस्ट पर आसिम ने दी सफाईआसिम रियाज ने रविवार को अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक लंबा नोट शेयर किया। हालांकि पोस्ट में उन्होंने हिमांशी का नाम सीधे तौर पर नहीं लिखा, लेकिन साफ किया कि निजी मुद्दों को पब्लिक में लाकर विवाद बनाया जा रहा है। आसिम ने लिखा, मैंने कभी किसी को अपना धर्म बदलने के लिए नहीं कहा। एक बार भी नहीं। बल्कि मैंने ही तुम्हें फिटनेस की तरफ पुश किया था। मुझसे मिलने से पहले सब जानते हैं कि तुम कैसी दिखती थीं। 'पब्लिसिटी के लिए धर्म को हथियार न बनाएं'आसिम ने आगे लिखा कि धर्म एक बेहद संवेदनशील मुद्दा है और इसे हथियार की तरह इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। उन्होंने हिमांशी पर निशाना साधते हुए कहा कि लोगों के मन में मेरे लिए नफरत पैदा करने के लिए इतने पर्सनल मैटर को उछालना बचकाना है। इससे पता चलता है कि अटेंशन पाने के लिए कोई किस हद तक गिर सकता है। हिमांशी ने कहा था- इस्लाम कबूल करने वाली थीइससे पहले पारस छाबड़ा के पॉडकास्ट में हिमांशी ने दावा किया कि एक समय वह आसिम के दबाव में इस्लाम कबूल करने के बेहद करीब पहुंच गई थीं। उन्होंने बताया कि रिश्ते के दौरान उनके पूजा-पाठ और धार्मिक मान्यताओं को लेकर आपत्ति जताई जाती थी। हिमांशी के मुताबिक, मानसिक दबाव इतना बढ़ गया था कि एक रात उन्हें लगा कि उनकी जिंदगी का शायद आखिरी दिन है। उन्होंने धर्म बदलने से पहले चार धाम यात्रा करने की इच्छा भी जताई थी। बिग बॉस 13 में शुरू हुई थी दोनों की स्टोरी हिमांशी खुराना और आसिम रियाज की मुलाकात ‘बिग बॉस 13’ के दौरान हुई थी। शो में दोनों की नजदीकियां लगातार चर्चा में रहीं और कुछ समय बाद दोनों ने अपने रिश्ते को आगे बढ़ाया। शो से बाहर आने के बाद भी दोनों लंबे समय तक रिलेशनशिप में रहे। फैंस ने इस जोड़ी को ‘आसिमांशी’ नाम दिया था। हालांकि, बाद में दोनों का रिश्ता टूट गया। दिसंबर 2023 में ब्रेकअप की घोषणा करते हुए दोनों ने अलग-अलग धर्म और धार्मिक मान्यताओं को भी वजह बताया था। उस समय हिमांशी ने सोशल मीडिया पर आसिम के साथ हुई निजी चैट के स्क्रीनशॉट भी शेयर किए थे, जिनमें धर्म को लेकर बातचीत का जिक्र था। हिमांशी ने बताया- एक समय धर्म बदलने को तैयार थीअब पारस छाबड़ा के पॉडकास्ट में हिमांशी ने रिश्ते के दौरान आए मुश्किल दौर का जिक्र किया। उन्होंने दावा किया कि उस समय उनके पार्टनर की तरफ से उनके पूजा-पाठ को लेकर आपत्ति जताई जाती थी। हिमांशी के मुताबिक, उनसे कहा गया था कि पूजा-पाठ अब नहीं चलेगा। उन्होंने दावा किया कि सामने वाले परिवार और उनकी धार्मिक सोच का दबाव भी उन पर बनाया जा रहा था। धीरे-धीरे यह दबाव इतना बढ़ गया कि वह इस्लाम कबूल करने के बेहद करीब पहुंच गई थीं। ‘मुझे लगा, शायद उनसे दोबारा नहीं मिल पाऊंगी’हिमांशी ने बातचीत के दौरान उस रात का भी जिक्र किया, जिसे उन्होंने अपनी जिंदगी का बेहद मुश्किल दौर बताया। उनके अनुसार, वह प्यार में इतनी आगे बढ़ चुकी थीं कि धर्म बदलने के फैसले के लिए भी तैयार हो गई थीं। उन्होंने बताया कि धर्म बदलने से पहले वह चार धाम की यात्रा करना चाहती थीं। उन्हें ऐसा लग रहा था कि धर्म बदलने के बाद शायद वह अपने पुराने धार्मिक विश्वासों और उनसे जुड़े लोगों से दोबारा नहीं मिल पाएंगी। इसी वजह से वह चार धाम यात्रा को आखिरी बार करने की इच्छा रखती थीं। 2023 में भी धर्म को लेकर सामने आई थी बात हिमांशी और आसिम के ब्रेकअप के समय भी धर्म का मुद्दा सामने आया था। हिमांशी ने उस वक्त सोशल मीडिया पर दोनों के बीच हुई बातचीत के स्क्रीनशॉट शेयर किए थे। रिपोर्ट्स के मुताबिक, चैट में आसिम ने रिश्ते के खत्म होने की वजह अलग-अलग धर्म और धार्मिक मान्यताओं को बताया था। हिमांशी ने यह भी कहा था कि उन्होंने पोस्ट में धर्म वाली बात लिखी थी, लेकिन बाद में उसे हटा दिया क्योंकि उन्हें लगा कि इससे आसिम को निशाना बनाया जा सकता है। हिमांशी बोलीं- किसी पर धर्म बदलने का दबाव सही नहींअब अपने हालिया बयान में हिमांशी ने कहा कि किसी भी रिश्ते में धर्म बदलने के लिए दबाव बनाना सही नहीं है। उनके मुताबिक, हर व्यक्ति को अपनी धार्मिक पहचान और मान्यताओं के साथ जीने की आजादी होनी चाहिए। उन्होंने यह भी बताया कि उस दौर में वह भावनात्मक रूप से काफी दबाव में थीं और बाद में उन्हें महसूस हुआ कि धर्म बदलने का फैसला सही नहीं होगा। हिमांशी और आसिम ने 2023 में अपने रिश्ते के खत्म होने की जानकारी सार्वजनिक की थी। हालांकि, अब हिमांशी के नए दावों के बाद दोनों के पुराने रिश्ते और उसके टूटने की वजह एक बार फिर चर्चा में आ गई है। सोशल मीडिया पर भी उनके बयान को लेकर प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। वहीं, उपलब्ध ताजा रिपोर्ट में आसिम रियाज की ओर से इन नए आरोपों पर कोई प्रतिक्रिया दर्ज नहीं है।
साउथ फिल्म एक्टर और कार रेसर अजित कुमार यूरोप में एक हाई-स्पीड एंड्योरेंस रेस के दौरान हादसे का शिकार हो गए। रेसिंग के दौरान उनकी कार बेकाबू होकर दूसरी गाड़ी से जा टकराई। हालांकि, इस हादसे में उन्हें कोई गंभीर चोट नहीं आई है और वे पूरी तरह सुरक्षित हैं। फिल्मीबीट की रिपोर्ट के मुताबिक, यह हादसा एशियन ला मैंस सीरीज और मिशेलिन ला मैंस कप के रेसिंग इवेंट के दौरान हुआ। अजित कुमार फिल्मों के साथ-साथ लंबे समय से इंटरनेशनल कार रेसिंग में हिस्सा लेते रहे हैं। रेस के दौरान बेकाबू हुई काररिपोर्ट्स के अनुसार, रेस के दौरान अचानक उनकी कार से कंट्रोल छूट गया और वह ट्रैक पर मौजूद दूसरी कार से टकरा गई। टक्कर के बावजूद अजित कुमार को चोट नहीं लगी। हादसे के बाद वे सुरक्षित कार से बाहर आ गए। अजित कुमार इंटरनेशनल रेसिंग सर्किट में भाग लेने वाले गिने-चुने भारतीय ड्राइवरों में से एक हैं। 2025 में भी तीन बड़े हादसों में बचे थे अजितअजित कुमार के लिए रेसिंग ट्रैक पर हादसे होना नया नहीं है। इससे पहले साल 2025 में भी वे इटली में जीटी4 (GT4) यूरोपियन सीरीज के दौरान हादसे का शिकार हुए थे। उसी साल स्पेन के वालेंसिया में पोर्श स्प्रिंट चैलेंज के दौरान उनकी कार दो बार पलटी खा गई थी। इसके अलावा दुबई में 24एच पोर्श प्रैक्टिस रेस के दौरान भी उनकी कार क्रैश हो गई थी। इन सभी हादसों में वे बिना किसी गंभीर चोट के बच निकले थे। कहा था- 'एक्सीडेंट के बाद सिर्फ रेस खत्म करने का ख्याल आता है'कुछ समय पहले द हॉलीवुड रिपोर्टर इंडिया को दिए एक इंटरव्यू में अजित ने हादसों के बाद अपनी सोच पर बात की थी। उन्होंने बताया था कि एक्सीडेंट होते ही वे सबसे पहले देखते हैं कि उन्हें कोई चोट तो नहीं लगी है। इसके बाद अगर कार सही हालत में होती है, तो वे रेस पूरी करने की कोशिश करते हैं। अजित ने कहा था कि उन्हें अपने परिवार की चिंता रहती है, क्योंकि ऐसे हादसों से परिवार तनाव में आ जाता है। एक्टर होने के कारण उनके एक्सीडेंट की खबरें ज्यादा सुर्खियों में आती हैं। फिल्मों में काम के दौरान हो चुकी हैं 29 सर्जरीअजित कुमार ने इंटरव्यू में यह भी बताया था कि फिल्म इंडस्ट्री में काम करने के दौरान उनकी अब तक 29 सर्जरी (ऑपरेशन) हो चुकी हैं। उन्होंने कहा कि जिंदगी जीने के दो तरीके होते हैं- या तो आप शिकायत करें या फिर सबक लेकर आगे बढ़ें। एक्टर होने के साथ-साथ अजीत प्रोफेशनल कार रेसर हैं। भारत के अलावा को कई इंटरनेशनल रेसिंग का भी हिस्सा रह चुके हैं। 2003 में उन्होंने फॉर्मूला एशिया BMW चैंपियनशिप में हिस्सा लिया था। इसके अलावा वो फॉर्मूला 2 चैंपियनशिप का हिस्सा रह चुके हैं, जो 2010 में हुई थी। 2015 के बाद अजीत कुमार ने 2025 में 24H दुबई रेसिंग से रेसिंग करियर में कमबैक किया है। 'डेयरडेविल' फिल्म में नजर आएंगे अजितवर्कफ्रंट की बात करें तो अजित कुमार को हाल ही में फिल्म 'विदामुयार्ची' और 'गुड बैड अगली' में देखा गया था। अब वे अपनी अगली फिल्म 'डेयरडेविल' में नजर आएंगे, जिसका डायरेक्शन अधिक रविचंद्रन कर रहे हैं। इस फिल्म को उनकी पत्नी शालिनी अजित कुमार का प्रोडक्शन हाउस 'ब्रेवहार्ट्स प्रोडक्शंस' प्रोड्यूस कर रहा है।
शक्तिमान एक्टर मुकेश खन्ना ने एक बार फिर 'वंदे मातरम' को 'जन गण मन' की जगह देश का राष्ट्रगान बनाने की मांग की है। ANI से बातचीत में उन्होंने दावा किया कि 'जन गण मन' ब्रिटिश शासन के दौरान जॉर्ज पंचम की तारीफ में लिखा गया था। इसलिए इसे राष्ट्रगान नहीं माना जाना चाहिए। 'जन गण मन' ब्रिटिश शासक के लिए लिखा गया थामुकेश खन्ना ने कहा कि 'जन गण मन' में 'अधिनायक' शब्द ब्रिटिश हुक्मरान के लिए इस्तेमाल किया गया है, जिन्हें भारत के भाग्य का विधाता बताया गया था। उन्होंने कहा कि 'वंदे मातरम' में मातृभूमि के प्रति भक्ति दिखाई देती है, इसलिए इसे राष्ट्रीय स्तर पर ज्यादा महत्व मिलना चाहिए। मुकेश खन्ना के मुताबिक, आजादी के सालों बाद भी देश में अंग्रेजी शिक्षा और ब्रिटिश दौर की व्यवस्थाओं को जरूरत से ज्यादा तरजीह दी जा रही है। पहले रानी एलिजाबेथ का नाम लेकर हुए थे ट्रोलइससे पहले भी मुकेश खन्ना राष्ट्रगान को लेकर विवादित बयान दे चुके हैं। तब उन्होंने दावा किया था कि 'जन गण मन' रवींद्रनाथ टैगोर ने रानी एलिजाबेथ की तारीफ में लिखा था। उनके इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने उन्हें ट्रोल किया था। यूज़र्स ने याद दिलाया था कि 'जन गण मन' पहली बार 1911 में गाया गया था, जबकि रानी एलिजाबेथ द्वितीय का जन्म ही 1926 में हुआ था। केंद्र सरकार ने जारी की नई गाइडलाइन इससे पहले केंद्र सरकार ने राष्ट्रगान जन-गण-मन और राष्ट्रगीत वंदे मातरम् को लेकर सभी राज्यों, केंद्र शासित प्रदेशों और केंद्रीय मंत्रालयों को नए निर्देश जारी किए थे। मंत्रालय ने कहा है कि नियमों में पहले से तय है कि किन कार्यक्रमों में दोनों को गाना या बजाना जरूरी है। मंत्रालय ने कहा कि एक ही कार्यक्रम में दोनों में से पहले वंदे और फिर जन-गण-मन होगा। जिन राज्यों में राज्य गीत होता है, वहां भी सीक्वेंस का पालन करना होगा। 9 जुलाई को सभी राज्यों और मंत्रालयों को पत्र भेजा गया, जिसकी जानकारी शुक्रवार को सामने आई है। सभी राज्यों से कहा गया है कि राष्ट्रगान और राष्ट्रगीत हमेशा उनके असली शब्दों, सही उच्चारण और तय नियमों के अनुसार ही गाया और बजाया जाए। इसके लिए दोनों की ऑफिशियल कॉपी मंत्रालय की वेबसाइट पर अपलोड की गई है। राष्ट्रगीत वंदे मातरम को बंकिम चंद्र ने 1875 में लिखा भारत के राष्ट्रगीत वंदे मातरम को बंकिम चंद्र चटर्जी ने 7 नवंबर 1875 को अक्षय नवमी पर लिखा था। यह 1882 में पहली बार उनकी पत्रिका बंगदर्शन में उनके उपन्यास आनंदमठ के हिस्से के रूप में छपा था। 1896 में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के अधिवेशन में रवींद्रनाथ टैगोर ने मंच पर वंदे मातरम गाया। यह पहला मौका था जब यह गीत सार्वजनिक रूप से राष्ट्रीय स्तर पर गाया गया। सभा में मौजूद हजारों लोगों की आंखें नम हो गई थीं। वंदे मातरम एक संस्कृत वाक्यांश है, जिसका मतलब है- हे मां, मैं तुम्हें नमन करता हूं। स्वतंत्रता संग्राम के दौरान वंदे मातरम भारत को औपनिवेशिक शासन से मुक्त कराने के लिए संघर्ष कर रहे स्वतंत्रता सेनानियों का नारा बन गया था। 1911 में लिखा गया था राष्ट्रगान 'जन गण मन'ऐतिहासिक तथ्यों के मुताबिक, 'जन गण मन' की रचना नोबेल पुरस्कार विजेता रवींद्रनाथ टैगोर ने 1911 में की थी। इसे पहली बार 27 दिसंबर 1911 को भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के कोलकाता अधिवेशन में गाया गया था। 24 जनवरी 1950 को संविधान सभा ने इसे भारत के राष्ट्रगान के रूप में अपनाया था। वहीं बंकिम चंद्र चटर्जी के लिखे गीत 'वंदे मातरम' को राष्ट्रीय गीत (नेशनल सॉन्ग) का दर्जा दिया गया है।
दिग्गज अभिनेत्री और भारत की पहली महिला मिमिक्री आर्टिस्ट आशा सिंह जायसवाल का निधन हो गया है। उन्होंने 22 अगस्त को शाम करीब 7:30 बजे अंतिम सांस ली। उनके बेटे आकाश भारद्वाज ने पोस्ट शेयर कर इस बात की जानकारी दी। आशा को भारत की पहली महिला मिमिक्री आर्टिस्ट माना जाता है। वे हिंदी सिनेमा की मशहूर एक्ट्रेस मीना कुमारी की आवाज की नकल करने के लिए पहचानी जाती थीं। वह बीआर चोपड़ा की महाभारत में द्रोणाचार्य की पत्नी कृपी के किरदार में नजर आई थीं। उनका अंतिम संस्कार रविवार को सुबह 10 बजे मुंबई के विले पार्ले स्थित पवन हंस श्मशान घाट पर किया गया। बेटे आकाश ने लिखा- मा के लिए उनका काम ही सब कुछ थाआशा के बेटे आकाश ने लिखा कि उनकी मां के लिए उनका काम ही सब कुछ था। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे सोशल मीडिया पर उनकी मां के काम को जरूर देखें और याद रखें, ताकि उनकी आत्मा को शांति मिले। मां का संदेश था कि मृत्यु का दुख मनाने के बजाय आनंद महसूस करना चाहिए। आशा इवेंट्स एंड फिल्म्स नाम से कंपनी बनाई थी आशा सिंह जायसवाल एक एंटरप्रेन्योर भी थीं। उन्होंने 'आशा इवेंट्स एंड फिल्म्स' नाम की कंपनी बनाई थी, जिसकी वे फाउंडर और ऑपरेटर थीं। इस कंपनी के जरिए वे कई सांस्कृतिक और इवेंट्स आयोजित करती थीं। जीवन के आखिरी दिनों तक वे अपने काम से जुड़ी रहीं।
टीवी शो 'ये रिश्ता क्या कहलाता है' में कार्तिक का किरदार निभा चुके एक्टर मोहसिन खान ने सगाई कर ली है। उन्होंने सोशल मीडिया पर अपनी मंगेतर तमन्ना के साथ तस्वीरें शेयर कर इस बात का ऐलान किया। सगाई के दौरान मोहसिन काले रंग के कोट-पैंट में नजर आए, जबकि तमन्ना ने लाल रंग का गाउन पहना था। इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट लिखकर मोहसिन ने बताया कि पहली बार मिलते ही उन्हें अहसास हो गया था कि तमन्ना ही उनकी हमसफर हैं। सोशल मीडिया पर शेयर की सगाई की तस्वीरेंमोहसिन खान ने इंस्टाग्राम पर सगाई की कई तस्वीरें पोस्ट की हैं। तस्वीरों में दोनों एक-दूसरे की सगाई की अंगूठी दिखाते नजर आ रहे हैं। एक अन्य तस्वीर में मोहसिन और तमन्ना एक-दूसरे का हाथ थामकर चल रहे हैं, जबकि उनके आसपास मौजूद रिश्तेदार उन पर नोट उड़ाते दिख रहे हैं। मोहसिन की मंगेतर तमन्ना के बारे में फिलहाल ज्यादा जानकारी सामने नहीं आई है। देखें सगाई की चुनिंदा तस्वीरें… पहली मुलाकात में लगा हमसफर मिल गया अपनी पोस्ट में मोहसिन खान ने तमन्ना के लिए एक मैसेज लिखा। उन्होंने लिखा कि तमन्ना एक बेहद खूबसूरत, कॉन्फिडेंट और हंसमुख इंसान हैं, जिन्हें ऊपर वाले ने उनके लिए चुना है। मोहसिन ने पहली मुलाकात को याद करते हुए लिखा कि जब उन्होंने पहली बार तमन्ना का हाथ थामा था और उन्होंने गाना गाया था, तभी उन्हें महसूस हुआ कि उनकी तलाश पूरी हो चुकी है और किस्मत में दोनों का मिलना तय था। मंगेतर की पसंदीदा फिल्म का डायलॉग लिखामोहसिन ने अपनी पोस्ट के आखिर में मंगेतर की पसंदीदा फिल्म की एक लाइन भी शेयर की। उन्होंने लिखा, मोहब्बत क्या होती है यह तो मैं नहीं जानता, लेकिन इसके लिए दिल से दुआ जरूर निकलती है कि इसकी आंखों में कभी आंसू न आएं। यह हमेशा हंसती रहे। उन्होंने कहा कि वे दोनों मिलकर प्यार, दोस्ती और यादों से भरी अपनी नई जिंदगी की शुरुआत कर रहे हैं। 2021 में हुआ था शिवांगी जोशी से ब्रेकअपमोहसिन खान की पर्सनल लाइफ की बात करें तो 'ये रिश्ता क्या कहलाता है' में काम करने के दौरान उनका नाम अपनी को-स्टार शिवांगी जोशी के साथ जुड़ा था। दोनों के रिलेशनशिप की खबरें काफी चर्चा में रही थीं, हालांकि दोनों ने इसे सार्वजनिक तौर पर कभी स्वीकार नहीं किया था। फैंस उन्हें 'शिविन' कहते थे। 2021 में दोनों का ब्रेकअप हो गया था। ये खबर भी पढ़ें 53 साल के अर्जुन रामपाल ने दूसरी शादी की:14 साल छोटी गर्लफ्रेंड गैब्रिएला से शादी रजिस्टर कराई, रिलेशनशिप से दो बेटे बॉलीवुड एक्टर अर्जुन रामपाल ने अपनी लंबे समय से गर्लफ्रेंड गैब्रिएला डेमेट्रियड्स से शादी कर ली है। गोवा में शुक्रवार को यह शादी रजिस्टर्ड कराई गई। दोनों ने उत्तरी गोवा के मापुसा स्थित सब-रजिस्ट्रार ऑफिस में शादी की कानूनी प्रक्रिया पूरी की। पूरी खबर पढ़ें
निर्देशक राजकुमार संतोषी ‘बंटवारा 1947’ के जरिए एक बार फिर से सनी देओल के साथ अपनी फिल्म परदे पर लेकर आए हैं। असग़र वजाहत के मूल प्ले को फिल्म में बदलने से लेकर सीक्वल कल्चर और बॉक्स ऑफिस ट्रेंड पर उनसे हुई खास बातचीत... ‘बंटवारा 1947’ का मुख्य किरदार आपके पुराने नायकों से कितना अलग है? मेरी फिल्मों में अक्सर ऐसा किरदार आता है, जो एक पॉइंट तक चीजों को सहता है, समझने की कोशिश करता है, लेकिन फिर उसके सामने ऐसा पल आता है जहां वह तय करता है कि अब चुप नहीं रहा जा सकता। ‘घायल’ में संघर्ष बहुत निजी था। ‘दामिनी’ में न्याय का सवाल था। ‘घातक’ में सिस्टम और ताकत के खिलाफ लड़ाई थी। ‘बंटवारा 1947’ में सिकंदर मिर्जा का संघर्ष दूसरे इंसान की सुरक्षा, सम्मान और इंसानियत से जुड़ा है। तो उसके अंदर बागीपन जरूर है, लेकिन उसका संदर्भ अलग है। वह सिर्फ अपनी लड़ाई नहीं लड़ रहा। उसके सामने यह सवाल है कि जब किसी दूसरे इंसान के साथ गलत हो रहा हो, तो क्या आप सिर्फ तमाशबीन बने रहेंगे? मूल प्ले से फिल्म में क्या बड़ा बदलाव किया गया? सिकंदर मिर्जा के किरदार को ज्यादा एक्टिव बनाया गया है। मूल प्ले में वह घटनाओं के बीच मौजूद है, लेकिन फिल्म में हमें उसकी जर्नी को ज्यादा प्रो-एक्टिव बनाना था। थिएटर और सिनेमा की लैंग्वेज अलग होती है। स्टेज पर एक लंबा डायलॉग, परफॉर्मेंस और सिचुएशन मिलकर किरदार की मनःस्थिति बता सकते हैं। इसलिए हमने यह देखा कि सिकंदर सिर्फ घटनाओं का गवाह न रहे। उसके फैसले कहानी को आगे बढ़ाएं। सनी देओल की लार्जर दैन लाइफ इमेज को इस कहानी में कैसे इस्तेमाल किया? मेरी फिल्मों में पहले किरदार आता है, स्टार की इमेज बाद में। सनी की स्क्रीन प्रेजेंस और इंटेंसिटी बहुत मजबूत है, लेकिन हर फिल्म में उस इंटेंसिटी को एक ही तरीके से इस्तेमाल नहीं किया जा सकता। अगर आप हर बार सिर्फ उनकी पुरानी फिल्मों वाला पैटर्न दोहराएंगे, तो किरदार नया नहीं लगेगा। ‘बंटवारा...’ में सिकंदर को हमने एक्टिव जरूर बनाया, लेकिन उसके लिए सिर्फ फिजिकल एग्रेसन काफी नहीं, अंदर इमोशनल कंट्रोल भी चाहिए था। अलग-अलग जॉनर के बावजूद आपकी फिल्मों की कॉमन सिमिलैरिटी क्या है? जॉनर मेरे लिए बस कहानी कहने का तरीका है, कहानी का मकसद नहीं। ‘दामिनी’ कोर्टरूम ड्रामा है, ‘घातक’ एक्शन ड्रामा है, ‘लज्जा’ सोशल स्टेटमेंट है और ‘खाकी’ क्राइम नैरेटिव है, लेकिन इन सबमें कहीं न कहीं एक सवाल जरूर है कि जब किसी इंसान की गरिमा, उसके अधिकार या उसके साथ न्याय का सवाल सामने आता है, तो वह क्या करता है? मुझे ऐसे किरदार दिलचस्प लगते हैं जिनके पास समझौता करने का विकल्प होता है, लेकिन वे आखिरकार आसान रास्ता नहीं चुनते। एक खास मौके पर उनके भीतर कुछ बदलता है। शायद यही मेरी फिल्मों की कॉमन थीम है। क्या आज सीक्वल फिल्मों के लिए नॉस्टैल्जिया एक बड़ा कॉमर्शियल टूल बन गया है? नॉस्टैल्जिया काम जरूर करता है, लेकिन सिर्फ उसी के भरोसे फिल्म नहीं चल सकती। दर्शक को एक नई कहानी चाहिए। मैंने कभी सिर्फ ट्रेंड देखकर फिल्म नहीं चुनी। कोई सब्जेक्ट मुझे समझ में आता है, उसमें कुछ कहने लायक लगता है तभी मैं उसमें दिलचस्पी लेता हूं। मेरे लिए पहले कहानी है। उसके बाद स्टार, स्केल, ट्रेंड या फ्रेंचाइज है। ‘अंदाज अपना अपना 2’ की काफी चर्चा हो रही है। इसके बनने की क्या संभावनाएं हैं? ‘अंदाज अपना अपना’ सिर्फ दो-चार कैरेक्टर्स या उसके टाइटल की वजह से यादगार नहीं बनी। उसकी स्क्रीनप्ले, डायलॉग्स, कॉमिक टाइमिंग और उसका पूरा कॉमिक रिदम मिलकर उसे खास बनाते हैं। अगर कभी उस स्पिरिट को आगे लेकर जाना है, तो सिर्फ पुराने कैरेक्टर्स को वापस लाना काफी नहीं होगा। ज्यादा जरूरी है कि एक ऐसी नई कहानी हो, जिसमें वही कॉमिक एनर्जी हो। दर्शक को सिर्फ पुरानी फिल्म की कॉपी नहीं चाहिए। उसे नई फिल्म चाहिए, लेकिन उसके अंदर उस दुनिया की फील भी होनी चाहिए।
एक्टर गोविंदा को शनिवार को मुंबई के जुहू में अस्पताल के बाहर स्पॉट किया गया। हालांकि, गोविंदा अस्पताल क्यों गए थे, इसकी वजह सामने नहीं आई।दूसरी ओर, पर्सनल लाइफ को लेकर फैली अफवाहों पर एक्टर की ओर से पब्लिक नोटिस जारी किया गया। न्यूज़ एजेंसी ANI के मुताबिक, नोटिस में मीडिया ऑर्गनाइजेशन, डिजिटल प्लेटफॉर्म और कंटेंट क्रिएटर्स को गोविंदा या उनके परिवार से जुड़ा झूठा, बदनाम करने वाला, गलत इरादे वाला, मनगढ़ंत या बिना वेरिफाई किया हुआ कंटेंट बनाने और फैलाने से चेतावनी दी गई है। गोविंदा ने ऐसे लोगों के खिलाफ 100 करोड़ रुपए तक के सिविल दावे की चेतावनी दी है। कोर्ट मैरिज और तलाक की अफवाहों पर नोटिसनोटिस तब जारी किया गया, जब ऑनलाइन दावा किया गया कि गोविंदा ने रानी स्वर्णकार से गुपचुप कोर्ट मैरिज की है। इससे पहले गोविंदा के कथित तलाक को लेकर भी सोशल मीडिया पर खबरें फैली थीं। AI और डिजिटल कंटेंट के इस्तेमाल पर चेतावनीनोटिस में डिजिटल रूप से बदले गए कंटेंट का भी जिक्र है। इसमें फोटो, वीडियो, ऑडियो रिकॉर्डिंग, मॉर्फ्ड इमेज, डीपफेक और AI से बना कंटेंट शामिल है। मानहानि और साइबर क्राइम के तहत कार्रवाईनोटिस में मानहानि, प्राइवेसी वायलेशन, पहचान के गलत इस्तेमाल और साइबर क्राइम से जुड़े लागू कानूनों के तहत कार्रवाई की बात कही गई है। इसमें भारतीय न्याय संहिता, 2023 और इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी एक्ट, 2000 का हवाला दिया गया है। इन कार्रवाइयों में बैंक अकाउंट फ्रीज करना, प्रॉपर्टी की बिक्री या खरीद पर रोक लगाना और पासपोर्ट जब्त करना शामिल हो सकता है। गोविंदा बोले- ऐसी गतिविधियों से नुकसान हो सकता है गोविंदा ने चिंता जताई कि उनकी पब्लिक इमेज खराब करने के लिए जानबूझकर कैंपेन चलाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि ऐसी एक्टिविटीज से उन्हें मानसिक और सामाजिक नुकसान हो सकता है। गोविंदा अस्पताल के बाहर स्पॉट हुए वहीं गोविंदा को शनिवार को मुंबई के जुहू इलाके में एक अस्पताल के बाहर स्पॉट किया गया। वह सफेद शर्ट, नीली जींस और चेहरे पर मास्क लगाए नजर आए। पैपराजी ने जब उनसे उनकी सेहत के बारे में पूछा, तो गोविंदा ने सिर्फ ‘ठीक हूं’ कहा। हालांकि, गोविंदा अस्पताल क्यों गए थे, इसकी वजह सामने नहीं आई है। बता दें कि गोविंदा से अनबन के बीच पत्नी सुनीता आहूजा ने 19 अगस्त को बांद्रा फैमिली कोर्ट से तलाक का केस वापस ले लिया। वहीं 20 अगस्त को सुनीता ने दावा किया था कि गोविंदा कथित गर्लफ्रेंड रानी स्वर्णकार से दूसरी शादी की तैयारी में थे। इसी वजह से उन्होंने तलाक की अर्जी वापस ली। यह बात सुनीता ने राखी सावंत के साथ फोन पर बातचीत में कही थी। पूरी खबर यहां पढ़ें.... गोविंदा की मैनेजर ने सुनीता के दावे को बताया गलत वहीं, गोविंदा के मैनेजर शशि सिन्हा ने सुनीता आहूजा के उस दावे पर प्रतिक्रिया दी है, जिसमें उन्होंने कहा था कि एक्टर अपनी को-एक्ट्रेस रानी स्वर्णकार से शादी करने वाले थे। शशि ने इस दावे को गलत बताया। इंडिया टुडे से बातचीत में शशि ने कहा कि सुनीता की बात सुनकर उन्हें हैरानी हुई। उन्होंने साफ कहा कि गोविंदा की दूसरी शादी का कोई सवाल ही नहीं है। उन्होंने कहा, मैं यह बात आपसे सुन रहा हूं। ऐसा कुछ नहीं है और न ही ऐसा होगा। दूसरी शादी नहीं हो रही है। वह उनकी पत्नी हैं और शायद उनके मन में कुछ चल रहा होगा, इसलिए उन्होंने ऐसा कहा। शशि ने कहा कि अगर गोविंदा सच में शादी खत्म करके दूसरी शादी करना चाहते, तो वह खुद तलाक की अर्जी देते। उनके मुताबिक, तलाक की प्रक्रिया सुनीता ने शुरू की थी और बाद में उन्होंने ही याचिका वापस ले ली। उन्होंने कहा कि दोनों समझदार लोग हैं। गोविंदा ने कभी सार्वजनिक रूप से सुनीता के खिलाफ कुछ नहीं कहा। शशि के मुताबिक, सुनीता ही निजी बातें सार्वजनिक करती रही हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि दोनों के बीच चीजें ठीक होंगी, क्योंकि उनके बच्चों पर भी इन विवादों का असर पड़ता है। …………… गोविंदा से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… गोविंदा-सुनीता के रिश्ते पर भांजी आरती सिंह बोलीं:परिवार से बात करूंगी, दुनिया को बताने की जरूरत नहीं; फुटेज लेने वालों पर कसा तंज गोविंदा और सुनीता आहूजा के रिश्ते को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच उनकी भांजी और एक्ट्रेस आरती सिंह ने प्रतिक्रिया दी है। हाल ही में एक कार्यक्रम में पैपराजी ने उनसे मामा गोविंदा और मामी सुनीता के रिश्ते को लेकर सवाल किया। आरती ने कहा कि वह अपने से बड़ों के मामले में नहीं बोलतीं और यह परिवार का निजी मामला है। पूरी खबर यहां पढ़ें…
एक्टर गोविंदा को शनिवार को मुंबई के जुहू में अस्पताल के बाहर स्पॉट किया गया। हालांकि, गोविंदा अस्पताल क्यों गए थे, इसकी वजह सामने नहीं आई।दूसरी ओर, पर्सनल लाइफ को लेकर फैली अफवाहों पर एक्टर की ओर से पब्लिक नोटिस जारी किया गया। न्यूज़ एजेंसी ANI के मुताबिक, नोटिस में मीडिया ऑर्गनाइजेशन, डिजिटल प्लेटफॉर्म और कंटेंट क्रिएटर्स को गोविंदा या उनके परिवार से जुड़ा झूठा, बदनाम करने वाला, गलत इरादे वाला, मनगढ़ंत या बिना वेरिफाई किया हुआ कंटेंट बनाने और फैलाने से चेतावनी दी गई है। गोविंदा ने ऐसे लोगों के खिलाफ 100 करोड़ रुपए तक के सिविल दावे की चेतावनी दी है। कोर्ट मैरिज और तलाक की अफवाहों पर नोटिसनोटिस तब जारी किया गया, जब ऑनलाइन दावा किया गया कि गोविंदा ने रानी स्वर्णकार से गुपचुप कोर्ट मैरिज की है। इससे पहले गोविंदा के कथित तलाक को लेकर भी सोशल मीडिया पर खबरें फैली थीं। AI और डिजिटल कंटेंट के इस्तेमाल पर चेतावनीनोटिस में डिजिटल रूप से बदले गए कंटेंट का भी जिक्र है। इसमें फोटो, वीडियो, ऑडियो रिकॉर्डिंग, मॉर्फ्ड इमेज, डीपफेक और AI से बना कंटेंट शामिल है। मानहानि और साइबर क्राइम के तहत कार्रवाईनोटिस में मानहानि, प्राइवेसी वायलेशन, पहचान के गलत इस्तेमाल और साइबर क्राइम से जुड़े लागू कानूनों के तहत कार्रवाई की बात कही गई है। इसमें भारतीय न्याय संहिता, 2023 और इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी एक्ट, 2000 का हवाला दिया गया है। इन कार्रवाइयों में बैंक अकाउंट फ्रीज करना, प्रॉपर्टी की बिक्री या खरीद पर रोक लगाना और पासपोर्ट जब्त करना शामिल हो सकता है। गोविंदा बोले- ऐसी गतिविधियों से नुकसान हो सकता है गोविंदा ने चिंता जताई कि उनकी पब्लिक इमेज खराब करने के लिए जानबूझकर कैंपेन चलाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि ऐसी एक्टिविटीज से उन्हें मानसिक और सामाजिक नुकसान हो सकता है। गोविंदा अस्पताल के बाहर स्पॉट हुए वहीं गोविंदा को शनिवार को मुंबई के जुहू इलाके में एक अस्पताल के बाहर स्पॉट किया गया। वह सफेद शर्ट, नीली जींस और चेहरे पर मास्क लगाए नजर आए। पैपराजी ने जब उनसे उनकी सेहत के बारे में पूछा, तो गोविंदा ने सिर्फ ‘ठीक हूं’ कहा। हालांकि, गोविंदा अस्पताल क्यों गए थे, इसकी वजह सामने नहीं आई है। बता दें कि गोविंदा से अनबन के बीच पत्नी सुनीता आहूजा ने 19 अगस्त को बांद्रा फैमिली कोर्ट से तलाक का केस वापस ले लिया। वहीं 20 अगस्त को सुनीता ने दावा किया था कि गोविंदा कथित गर्लफ्रेंड रानी स्वर्णकार से दूसरी शादी की तैयारी में थे। इसी वजह से उन्होंने तलाक की अर्जी वापस ली। यह बात सुनीता ने राखी सावंत के साथ फोन पर बातचीत में कही थी। पूरी खबर यहां पढ़ें.... गोविंदा की मैनेजर ने सुनीता के दावे को बताया गलत वहीं, गोविंदा के मैनेजर शशि सिन्हा ने सुनीता आहूजा के उस दावे पर प्रतिक्रिया दी है, जिसमें उन्होंने कहा था कि एक्टर अपनी को-एक्ट्रेस रानी स्वर्णकार से शादी करने वाले थे। शशि ने इस दावे को गलत बताया। इंडिया टुडे से बातचीत में शशि ने कहा कि सुनीता की बात सुनकर उन्हें हैरानी हुई। उन्होंने साफ कहा कि गोविंदा की दूसरी शादी का कोई सवाल ही नहीं है। उन्होंने कहा, मैं यह बात आपसे सुन रहा हूं। ऐसा कुछ नहीं है और न ही ऐसा होगा। दूसरी शादी नहीं हो रही है। वह उनकी पत्नी हैं और शायद उनके मन में कुछ चल रहा होगा, इसलिए उन्होंने ऐसा कहा। शशि ने कहा कि अगर गोविंदा सच में शादी खत्म करके दूसरी शादी करना चाहते, तो वह खुद तलाक की अर्जी देते। उनके मुताबिक, तलाक की प्रक्रिया सुनीता ने शुरू की थी और बाद में उन्होंने ही याचिका वापस ले ली। उन्होंने कहा कि दोनों समझदार लोग हैं। गोविंदा ने कभी सार्वजनिक रूप से सुनीता के खिलाफ कुछ नहीं कहा। शशि के मुताबिक, सुनीता ही निजी बातें सार्वजनिक करती रही हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि दोनों के बीच चीजें ठीक होंगी, क्योंकि उनके बच्चों पर भी इन विवादों का असर पड़ता है। …………… गोविंदा से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… गोविंदा-सुनीता के रिश्ते पर भांजी आरती सिंह बोलीं:परिवार से बात करूंगी, दुनिया को बताने की जरूरत नहीं; फुटेज लेने वालों पर कसा तंज गोविंदा और सुनीता आहूजा के रिश्ते को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच उनकी भांजी और एक्ट्रेस आरती सिंह ने प्रतिक्रिया दी है। हाल ही में एक कार्यक्रम में पैपराजी ने उनसे मामा गोविंदा और मामी सुनीता के रिश्ते को लेकर सवाल किया। आरती ने कहा कि वह अपने से बड़ों के मामले में नहीं बोलतीं और यह परिवार का निजी मामला है। पूरी खबर यहां पढ़ें…
लहर-लहर:हमारी पहचान की कई परतें हैं, लेकिन हिंदुस्तानी होना सबसे ऊपर है
हम जिसे पहचान या आइडेंटिटी कहते हैं, वह दुनिया की सबसे सीधी-सादी चीज लगती है। असल में ये दूर से जितनी सीधी दिखाई देती है, करीब से उतनी ही जटिल हो जाती है। आप की कई पहचानें हैं। आप किसी के पिता हैं, किसी के पति हैं, किसी के भाई हैं, किसी के बेटे हैं, किसी के दोस्त हैं। आप बिजनेस करते हैं तो आप बिजनेसमैन हैं। आपको पोएट्री का शौक है, साहित्य का शौक है। यह एक अलग ही रूप है आपका। जब आप बिजनेस करते हैं तो कोई और आदमी हैं और जब आप पोएट से मिलते हैं, कवियों के साथ बैठते हैं तो आप दूसरे आदमी हैं। तो किसी आदमी की एक आइडेंटिटी नहीं होती। हर आदमी की कई पहचानें हैं और अलग-अलग वक्त पर कोई खास पहचान महत्वपूर्ण हो जाती है। तो ये पहचान एक हीरे की तरह है, जिसकी कई अलग-अलग साइड्स हैं। इधर से देखो तो कुछ और उधर से देखो तो कुछ और। सब पहचानों की भीड़ मिलकर एक आदमी बनती है। पहचानों की इस भीड़ में एक आइडेंटिटी यह भी है कि आप एक खास जिले के रहने वाले हैं। एक खास स्टेट के रहने वाले हैं। भारत के रहने वाले हैं। एशिया के रहने वाले हैं। अगर आपके जिले में बाढ़ आ जाए तो आप अपने जिले के नागरिक की जिम्मेदारी निभाएंगे, लेकिन अगर देश पर किसी तरह की आंच आ जाए तो उस वक्त आपकी पहचान है- इंडियन, हिंदुस्तानी, भारतीय। अलग-अलग वक्तों में पहचान के अलग-अलग कार्ड आगे आते रहते हैं, पर देखने वाली बात यह है कि किस वक्त आपकी कौन-सी पहचान जरूरी है और उसे आप सही निभा रहे हैं या नहीं। हम अक्सर कहते हैं कि भारत कृषि प्रधान देश है, तो हमारी एक पहचान खेती-किसानी की भी है। कोई आदमी आज डॉक्टर है, इंजीनियर है, जज है या आर्मी ऑफिसर है, लेकिन अगर आप उसकी कई पीढ़ियां पीछे जाकर देखें, तो आपको उसकी जड़ों में किसान ही मिलेगा। आठ पीढ़ियां पीछे जाएं या दस पीढ़ियां- कहीं न कहीं किसान ही मिलेगा। सच तो यह है कि खेती-किसानी हमारी साझा विरासत है और यह हमारी हिंदुस्तानी पहचान का भी अहम हिस्सा है। हमारी एक पहचान हमारा तिरंगा भी है जो हमें यह याद दिलाता है कि भारत किसी एक धर्म, भाषा, जाति या समुदाय का नाम नहीं है। यह उन तमाम लोगों का साझा देश है, जिनकी अलग-अलग पहचानें हैं। तो हमारी पहचानें अनेक हो सकती हैं, लेकिन हमारा हिंदुस्तानी होना उन सबको साथ लेकर चलने की पहचान है। कुछ पहचानें हमें विरासत में मिलती हैं तो कुछ हम अपनी मेहनत और पसंद से बनाते हैं। जन्म से मिली पहचानें परिवार, समुदाय, भाषा और परंपरा से जुड़ाव पैदा करती हैं, लेकिन इनके साथ अक्सर एक अनकहा दबाव भी होता है। सिर्फ इसलिए कि कोई व्यक्ति किसी खास परिवार या समुदाय में पैदा हुआ है, उससे उम्मीद की जाती है कि वह उसी धर्म, सामाजिक पहचान और परंपरा को स्वीकार करे। इसमें अपनी पहचान चुनने की गुंजाइश बहुत कम रह जाती है। लेकिन ये पहचान अपने साथ एक खतरा भी लेकर आती है। जहां स्वस्थ पहचान आपको आत्मविश्वास तो देती है, लेकिन घमंड नहीं देती, वहीं बीमार पहचान का मिजाज बिल्कुल अलग होता है। वह यह नहीं कहती- ‘मैं यह हूं’, बल्कि वह कहती है- ‘सिर्फ मैं ही सही हूं’। सुनने में दोनों बातों में फर्क बहुत छोटा लगता है, लेकिन इंसानी समाज के लिए उसका मतलब बहुत बड़ा है। पहली बात इंसान की अपनी पहचान देती है, दूसरी उसे दूसरों से बेहतर होने का भ्रम देती है। और यही भ्रम आगे चलकर असहिष्णुता, नफरत और टकराव की बुनियाद बनता है। (संपादन और समन्वय- अरविंद मण्डलोई)
तापसी पन्नू के कंगना रनोट से मतभेदों पर दिए बयान के बाद कंगना ने इंस्टाग्राम स्टोरी पर प्रतिक्रिया दी। तापसी ने कहा था कि वह विवाद से पहले या बाद में कभी कंगना से नहीं मिलीं। जिसके बाद कंगना ने तापसी पर अपनी परवरिश और माता-पिता का मजाक उड़ाने का आरोप लगाते हुए उन्हें सस्ती कॉपी कहा। दरअसल, हाल ही में इंडिया टुडे से बातचीत में तापसी से पूछा गया कि क्या उन्होंने और कंगना ने अपने मतभेद सुलझा लिए हैं। तापसी ने कहा कि वह कंगना से कभी नहीं मिलीं और कथित विवाद शुरू होने से पहले भी उनकी मुलाकात नहीं हुई थी। तापसी ने आगे कहा कि मेरी उनके बारे में राय मेरी परवरिश, मेरे बात करने के तरीके और चीजों को देखने के नजरिए को दिखाती है। वह अपने नजरिए पर कायम हैं। तापसी के इस बयान के सामने आने के बाद कंगना ने शनिवार शाम बिना नाम लिए एक पोस्ट शेयर की। उन्होंने लिखा, “एक सस्ती कॉपी अपनी आने वाली B-ग्रेड फिल्म को लेकर भी हमेशा की तरह मीडिया में सिर्फ हेडलाइन बनाने की कोशिश कर रही है, लेकिन आज उन्होंने सारी हदें पार कर दीं। उन्होंने मेरी परवरिश और मेरे माता-पिता का बेहद बेशर्मी से मजाक उड़ाया।” एक्ट्रेस ने आगे लिखा, “मुझे लगता है कि सभी माता-पिता अपने बच्चों के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ करते हैं। मैं कभी किसी बहस में माता-पिता को नहीं लाती, लेकिन आज मैं उनके माता-पिता से भी पूछना चाहती हूं कि वे मेरे माता-पिता की तरह कोई ओरिजिनल इंसान क्यों नहीं पैदा कर सके? इतनी सस्ती कॉपी क्यों? आपकी कोशिशों के लिए मुझे अफसोस है।” कंगना ने कहा- वो प्रतिष्ठित परिवार से आती हैं इसके बाद कंगना ने तापसी की टिप्पणी वाली एक खबर शेयर की और कहा कि कई लोग उनकी परवरिश और माता-पिता पर सवाल उठाते हैं। कंगना ने बताया कि उनका परिवार एक प्रतिष्ठित राजपूत जमींदार परिवार से आता है और उनके माता-पिता पढ़े-लिखे हैं। कंगना ने कहा कि यह उनकी निजी पसंद थी कि वह अपने करियर की शुरुआत बिल्कुल शुरुआत से करें। इसके लिए उनके माता-पिता पर सवाल क्यों उठाए जाते हैं? कंगना ने ये पोस्ट शनिवार शाम अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर शेयर की थीं। हालांकि, रविवार सुबह तक उन्होंने दोनों स्टोरी डिलीट कर दी थीं। तापसी-कंगना का विवाद कई साल पुराना है गौरतलब है कि अभिनेत्री तापसी पन्नू और कंगना रनोट के बीच विवाद काफी पुराना है। विवाद की शुरुआत 2018-19 के आसपास हुई। तापसी ने एक इंटरव्यू में कहा था कि कंगना को अपनी बात कहने के लिए फिल्टर की जरूरत है। इसके बाद 2019 में तापसी ने कंगना की फिल्म ‘जजमेंटल है क्या’ के ट्रेलर की तारीफ की, लेकिन कंगना का नाम नहीं लिया। इस पर कंगना की बहन रंगोली चंदेल ने तापसी को ‘सस्ती कॉपी’ कह दिया था। इसके बाद 2020 में सुशांत सिंह राजपूत के निधन के बाद बॉलीवुड में नेपोटिज्म को लेकर बहस तेज हुई। इसी दौरान कंगना ने तापसी और स्वरा भास्कर को ‘बी-ग्रेड एक्ट्रेस’ कहा था। कंगना ने कहा था कि दोनों आउटसाइडर होने के बावजूद नेपोटिज्म का समर्थन करती हैं। तापसी ने इस पर कहा था कि आउटसाइडर्स को आपस में नहीं लड़ना चाहिए।
करीना कपूर खान ने अपनी प्रेग्नेंसी की अफवाहों पर मजाकिया अंदाज में जवाब दिया। करीना ने शनिवार को इंस्टाग्राम स्टोरी पर मेकअप आर्टिस्ट मितेश राजानी की एक तस्वीर शेयर की, जिसमें वो अपना फूला हुआ पेट दिखा रहे हैं। पोस्ट के बैकग्राउंड में फिल्म ‘हम आपके हैं कौन..!’ का गाना ‘चॉकलेट लाइम जूस’ चल रहा था और इसके साथ हंसने वाले और पिज्जा वाले इमोजी लगाए गए थे। इस पोस्ट से ऐसा लगा कि कुछ लोगों ने जिसे बेबी बंप समझा था, वह असल में ‘फूड बेबी’ यानी खाने की वजह से निकला पेट हो सकता है। पोस्ट के साथ 'हट ना बे' कैप्शन भी लिखा था। अफवाहों के बाद पहली बार मुंबई में दिखीं प्रेग्नेंसी की अटकलें शुरू होने के बाद करीना शनिवार को पहली बार मुंबई में बाहर निकलीं। वह पीली शर्ट और काली पैंट में एक जगह से बाहर आती दिखीं। पैपराजी ने उन्हें घेर लिया। इस दौरान करीना को मजाकिया अंदाज में कहते सुना गया, “पागल कर देते हो तुम लोग।” दरअसल, करीना की प्रेग्नेंसी की अफवाहें शुक्रवार को शुरू हुई थीं, जब करीना का मुंबई के एक जिम से बाहर निकलते हुए वीडियो सामने आया था। वीडियो में करीना कपूर अपनी कार की ओर जाती दिखीं। उनके साथ उनकी टीम के कुछ सदस्य भी चल रहे थे। एक जगह टीम का एक सदस्य करीना के सामने छाता कर देता है, जिससे पैपराजी उन्हें ठीक से नहीं देख पाते। वीडियो में उनका लुक और कैमरों से बचाने की कोशिश देखकर सोशल मीडिया पर उनकी प्रेग्नेंसी को लेकर चर्चा शुरू हुई। करीना का वीडियो सामने आने के बाद कई फैंस ने कमेंट सेक्शन में सवाल किए। एक व्यक्ति ने लिखा, “एक पल के लिए मुझे लगा कि यह उनका तीसरा बच्चा है।” दूसरे ने पूछा, “क्या वह प्रेग्नेंट हैं?” एक और कमेंट में लिखा गया, “लगता है बेबी बंप है यार।” वहीं, सोशल मीडिया पर प्रेग्नेंसी की अफवाहें फैलने के बाद करीना की टीम ने इंडियन एक्सप्रेस के साथ बातचीत में कहा था कि करीना प्रेग्नेंट नहीं हैं। बता दें कि करीना कपूर खान और सैफ अली खान पहले से दो बेटों के माता-पिता हैं। उनके बेटे तैमूर 9 साल के और जेह अली खान 5 साल के हैं। सबा ने भी करीना की प्रेग्नेंसी की अफवाहों को खारिज किया वहीं, शनिवार को करीना की ननद सबा अली खान पटौदी ने इंस्टाग्राम पर करीना कपूर की तस्वीर शेयर कर लिखा, “कोई खराब एंगल या बालों का दिन खराब हो सकता है, लेकिन लोग तुरंत इतनी बड़ी बात कैसे मान सकते हैं? वह एयरपोर्ट से बिल्कुल स्टाइलिश, क्लासी और स्लिम नजर आ रही थीं और आज जिम से बाहर निकली हैं। बस इतनी सी बात है।” उन्होंने आगे लिखा, “मैं अपनी बहन (सोहा अली खान) को दूसरे बच्चे के लिए मनाती रही हूं... काश यह सच होता! यह कहने के लिए वह मुझे मार डालेगी! दोस्तों, जीने दो और जीने दो। कुछ बातें प्राइवेट रहने देना चाहिए। किसी तरह के कयास लगाने की जरूरत नहीं है। प्यार और सम्मान के साथ।” परिवार बढ़ाने पर करीना ने क्या कहा था करीना ने इससे पहले वोग को दिए एक इंटरव्यू में फैमिली प्लानिंग पर बात की थी। उन्होंने कहा था, “सैफ ने हर दशक में एक बच्चा किया है- बीस की उम्र में, तीस की उम्र में, चालीस की उम्र में और अब पचास की उम्र में। मैंने उनसे कहा है कि साठ की उम्र में ऐसा नहीं होने वाला।” करीना ने आगे कहा था, “मुझे लगता है कि सैफ जैसा खुले विचारों वाला आदमी ही अलग-अलग उम्र के चार बच्चों का पिता हो सकता है। वह सभी को अपना समय देते हैं।” उन्होंने कहा था, “अब जेह के साथ हम इसे बैलेंस करने की कोशिश कर रहे हैं। हमने तय किया है कि जब वह किसी फिल्म की शूटिंग कर रहे होंगे, तब मैं उसी समय फिल्म में काम नहीं करने की कोशिश करूंगी और इसके उलट भी ऐसा ही होगा।” सैफ अली खान, अमृता सिंह के साथ अपनी पिछली शादी से सारा अली खान और इब्राहिम अली खान के भी पिता हैं। करीना के वर्कफ्रंट की बात करें तो वो आखिरी बार फिल्म सिंघम अगेन (2024) में नजर आई थीं। वहीं वो जल्द मेघना गुलजार द्वारा निर्देशित फिल्म दायरा में दिखाई देंगी। दायरा में करीना एक पुलिस अधिकारी की भूमिका में नजर आएंगी। …………… करीना से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… करीना@45, प्यार में कमरे का ताला तोड़ा:शादी पर लव जिहाद विवाद, नेपोटिज्म पर बोलीं- मत देखो फिल्म; जीरो फिगर ट्रेंड लाने वालीं एक्ट्रेस चाहे स्टाइलिश 'पू' हो या चुलबुली 'गीत' करीना कपूर ने अपने हर किरदार को खास बना दिया है। जहां उनके परिवार में लगभग सभी लोग फिल्मों में आने का सपना देखते थे, वहीं करीना ने पहले वकालत का रास्ता चुना था। हालांकि एक्टिंग के प्रति झुकाव के कारण वह अपनी पढ़ाई पूरी नहीं कर सकीं। पूरी खबर यहां पढ़ें…
'मुझे चाइनीज मत बोलो, मैं इंडियन हूं...' मां ने बनाया था वीडियो, बेटी का जवाब सुनकर भावुक हुए लोग
अरुणाचल प्रदेश की राजधानी ईटानगर की छोटी-सी बच्ची करगा टिंकल गोंगो इन दिनों सोशल मीडिया पर छाई हुई है। टिंकल ने एक वीडियो में लोगों से कहा कि उसे चाइनीज न कहा जाए। उसका यह मासूम और भावुक वीडियो पूरे देश में वायरल हो गया।
नदी में मगरमच्छ के सामने बच्चे का बेखौफ अंदाज, वीडियो ने मचाई सनसनी
नदी के पानी में मगरमच्छ को देखकर किसी के भी होश उड़ सकते हैं, लेकिन सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो में एक बच्चे का बिल्कुल अलग ही अंदाज देखने को मिला। वीडियो में बच्चा नदी में एक छोटी नाव के पास बने फ्लोटिंग बोर्ड पर आराम से नजर आ रहा है। इसी दौरान एक मगरमच्छ तैरता हुआ उसके बेहद करीब पहुंच जाता है।
4,000 मीटर की ऊंचाई पर खिलता है 'हिमालयी हीरा', 7 से 15 साल में सिर्फ एक बार आता है फूल
प्रकृति अपने अनोखे और दुर्लभ चमत्कारों से समय-समय पर लोगों को हैरान करती रहती है।

