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रोहित शर्मा होस्ट के तौर पर टीवी पर डेब्यू करेंगे:गेम शो का फॉर्मेट, अक्टूबर में आ सकता है; हर एपिसोड में दो परिवार आएंगे

इंटरनेशनल T20 और टेस्ट क्रिकेट से रिटायरमेंट लेने के बाद, क्रिकेटर रोहित शर्मा जल्द ही एक टीवी शो होस्ट करते हुए नजर आएंगे। ‘द रोहित शर्मा शो’ नाम का यह शो सोनी लिव पर भी स्ट्रीम होगा। हाल ही में शो का एक टीजर आया है। सोनी ने अभी तक शो के फॉर्मेट के बारे में ज्यादा जानकारी शेयर नहीं की है। हालांकि, सोनी के प्रीव्यू पेज पर इसे रियलिटी शो के तौर पर लिस्ट किया गया है। वहीं SportsYaari के मुताबिक यह शो अमेरिका के फेमस शो ‘फैमिली फ्यूड’ का भारतीय रूपांतरण होगा, जिसे स्टीव हार्वे होस्ट करते हैं। शो की शूटिंग सितंबर में शुरू हो सकती है यह क्विज शो नहीं, बल्कि गेम शो होगा, जिसमें दो परिवार हिस्सा लेंगे। इसकी शूटिंग सितंबर में शुरू हो सकती है, जबकि शो अक्टूबर में ऑन एयर हो सकता है। रोहित इस प्रोजेक्ट पर करीब छह महीने काम करेंगे। इस दौरान हर हफ्ते एक एपिसोड प्रसारित किया जाएगा और शो फरवरी 2027 तक चल सकता है। यह शो मशहूर अमेरिकन शो ‘फैमिली फ्यूड’ जैसा होगा, जिसे स्टीव हार्वे होस्ट करते हैं। यह कोई क्विज शो नहीं होगा, बल्कि दो परिवारों वाला एक गेम शो होगा। शूटिंग सितंबर में शुरू होने की उम्मीद है, और शो अक्टूबर में एयर होगा। रोहित इस प्रोजेक्ट पर लगभग छह महीने काम करेंगे। हर हफ्ते एक एपिसोड एयर होगा, और यह शो फरवरी 2027 तक चल सकता है। इससे पहले मई में शो से जुड़ा एक प्रोमो भी सामने आया था, जिसमें रोहित शर्मा अपने समर्थकों के साथ बातचीत करते नजर आते हैं। इस दौरान फैंस उनसे उनका मशहूर संवाद, 'कोई भी गार्डन में नहीं घूमेगा,' दोहराने की मांग करते हैं। फैंस की बार-बार की इस मांग से रोहित थोड़े असहज नजर आते हैं और वहां से चले जाते हैं। शो की यह झलक संकेत देती है कि दर्शकों को मैदान से बाहर रोहित का एक अलग अंदाज देखने को मिलेगा। कई बड़े ब्रांड्स के विज्ञापनों में दिख चुके हैं गौरतलब है कि भले ही रोहित टीवी शो में पहली बार काम करेंगे, लेकिन कैमरे के सामने वो कई सालों से आ रहे हैं। वे एडिडास, जियो, CEAT, थम्स अप, ओरल-बी, बॉर्नविटा, मैक्स लाइफ इंश्योरेंस और भारतपे जैसे बड़े ब्रांड्स के कमर्शियल्स में दिख चुके हैं। इसके अलावा, वो ‘द ग्रेट इंडियन कपिल शो’ में 2 बार नजर आ चुके हैं, जिसमें उन्होंने अपने मजाकिया अंदाज से दर्शकों का मनोरंजन किया और क्रिकेट से जुड़े कई किस्से शेयर किए थे। रोहित शर्मा का क्रिकेट करियरगौरतलब है कि रोहित शर्मा भारतीय क्रिकेट के सबसे सफल बल्लेबाजों और कप्तानों में शामिल हैं। रोहित ने 2007 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू किया। उन्होंने वनडे में तीन दोहरे शतक लगाए, जिसमें 264 रन की पारी विश्व रिकॉर्ड है। 2019 वनडे वर्ल्ड कप में उन्होंने पांच शतक लगाए। वनडे क्रिकेट में रोहित अब तक 11,895 रन बना चुके हैं। कप्तान के तौर पर उन्होंने भारत को 2024 T20 वर्ल्ड कप जिताया। इसके बाद 29 जून 2024 को T20 इंटरनेशनल से संन्यास लिया था।7 मई 2025 को टेस्ट क्रिकेट को भी अलविदा कह दिया। टेस्ट करियर में उन्होंने 67 मैचों में 4,301 रन बनाए। हालांकि, रोहित वनडे क्रिकेट में सक्रिय हैं। 19 जुलाई 2026 को लॉर्ड्स में इंग्लैंड के खिलाफ उन्होंने 110 गेंदों पर 138 रन बनाकर इतिहास रचा और लॉर्ड्स में वनडे शतक लगाने वाले पहले भारतीय पुरुष बल्लेबाज बने। ……….. रोहित शर्मा से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें... रोहित बोले- बाहर शोर नहीं होगा तो मजा कैसे आएगा:रिटायरमेंट की रिपोर्ट्स को किया खारिज; गिल बोले- टीम में ऐसी कोई चर्चा नहीं मेरा काम बल्ले से प्रदर्शन करना और देश का प्रतिनिधित्व करना है। डेब्यू के बाद से मुझे यही सिखाया गया है और मैं यही करता रहूंगा। जब मैंने डेब्यू किया था, तब से बाहर शोर है और जब तक खेलूंगा, तब तक रहेगा। अगर बाहर शोर नहीं होगा तो मजा कैसे आएगा? यह बातें टीम इंडिया के पूर्व कप्तान रोहित शर्मा ने BCCI TV से बातचीत में कहते हुए अपने रिटायर्डमेंट की खबरों को खारिज कर दिया था। पूरी खबर यहां पढ़ें…

दैनिक भास्कर 12 Aug 2026 9:38 am

बॉक्स ऑफिस पर Jana Nayagan की आखिरी बाजी, मंगलवार को छापे करारे नोट

जन नायकन फिल्म इस वक्त कमाई के मामले में बॉक्स ऑफिस पर मार मानने को तैयार नहीं है।

जागरण 12 Aug 2026 8:03 am

धुरंधर एक्टर राकेश बेदी संभालेंगे आरसीएल की कप्तानी:भूख के खिलाफ क्रिकेट से बदलाव की पहल, अब हर रन भरेगा भूखों की थाली

बॉलीवुड की महफिल सजी, सितारे जुटे और चर्चा क्रिकेट की हुई, लेकिन इस बार मामला सिर्फ चौके-छक्कों का नहीं है। अभिनेता राकेश बेदी क्रिकेट के मैदान पर कप्तानी करेंगे और उनके हर रन का कनेक्शन जरूरतमंद की थाली से होगा। आरसीएल सीजन-4 में क्रिकेट, मनोरंजन और सामाजिक सरोकार का मेल देखने को मिलेगा, जहां जीत सिर्फ ट्रॉफी की नहीं, बल्कि किसी की भूख मिटाने की भी होगी। मुंबई में मनोरंजन जगत के सितारों की मौजूदगी में रेस्तरां क्रिकेट लीग यानी आरसीएल सीजन-4 का ऐलान हुआ। आमतौर पर कलाकार फिल्मों, शूटिंग या नए प्रोजेक्ट से जुड़कर सुर्खियों में आते हैं, लेकिन इस बार कहानी अलग है। अभिनेता राकेश बेदी अब कैमरे के सामने अभिनय के साथ क्रिकेट मैदान पर भी कप्तानी करते नजर आएंगे। फिल्म ‘धुरंधर’ से चर्चा में आए बेदी आरसीएल सुपरस्टार्स-11 की कमान संभालेंगे। लेकिन इस लीग की कहानी सिर्फ सितारों, बल्ले और चौकों-छक्कों तक सीमित नहीं है। आरसीएल सीजन-4 को ‘भूख मुक्त भारत’ अभियान से जोड़ा गया है। अक्टूबर में नई दिल्ली में होने वाली प्रतियोगिता का खास संदेश है-‘10 रन = 100 भोजन’। यानी मैदान पर बनाए गए हर 10 रन सिर्फ स्कोरबोर्ड नहीं बढ़ाएंगे, बल्कि 100 जरूरतमंद लोगों तक भोजन पहुंचाने की कोशिश भी करेंगे। इस बार बल्लेबाज के बल्ले से निकला हर रन किसी की थाली तक पहुंचने वाली उम्मीद बनेगा। आरसीएल और ‘भूख मुक्त भारत’ अभियान के संस्थापक अरविंद कुमार ने कहा कि इस पहल की शुरुआत क्रिकेट की लोकप्रियता का इस्तेमाल समाज के लिए करने की सोच के साथ हुई। उनका कहना है कि एक तरफ लाखों लोग पर्याप्त भोजन के लिए संघर्ष कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ बड़ी मात्रा में खाने योग्य भोजन बर्बाद हो जाता है। ऐसे में भोजन कूड़ेदान में जाने के बजाय जरूरतमंद की थाली तक पहुंचना चाहिए। किसानों से लेकर बधिर महिला क्रिकेट टीम तक मैदान में आरसीएल सीजन-4 में समाज के अलग-अलग वर्गों और क्षेत्रों की टीमें हिस्सा लेंगी। इनमें ट्रांसजेंडर लोगों की टीम, भारतीय महिला बधिर क्रिकेट टीम, किसानों, प्रभावशाली व्यक्तित्वों, रसोइयों, दिल्ली पुलिस और दिल्ली पब्लिक स्कूल इंदिरापुरम की टीमें शामिल हैं। नेपाल से शेफ रत्ना तामांग के नेतृत्व में दोस्तों की टीम भी प्रतियोगिता का हिस्सा बनेगी। पूर्व भारतीय क्रिकेटर अतुल वासन भी इस पहल से जुड़े हैं। उन्होंने कहा कि आरसीएल की सबसे बड़ी खासियत इसका सामाजिक उद्देश्य है। क्रिकेट में आमतौर पर रन, रिकॉर्ड और औसत की चर्चा होती है, लेकिन यहां हर रन जरूरतमंद के लिए भोजन का माध्यम बन सकता है। किसान प्रभावशाली व्यक्तित्व जुगाड़ू कमलेश ने बताया कि भारतीय गांवों के किसान भी इस बार क्रिकेट के मैदान पर उतरेंगे। उनका कहना है कि किसान देश का पेट भरता है और अब वही किसान भूख के खिलाफ इस अभियान का हिस्सा बनकर खेलेंगे। कार्यक्रम में अभिनेता रजा मुराद, सुनील पाल, बिंदू दारा सिंह, शाहबाज खान और अरुण बख्शी समेत फिल्म जगत से जुड़े कई लोग मौजूद रहे। आरसीएल सीजन-4 का उद्देश्य केवल प्रतियोगिता जीतना नहीं है। आयोजकों के मुताबिक इस बार मैदान पर बनाए जाने वाले रन भूख, भोजन की बर्बादी और सामाजिक जिम्मेदारी के खिलाफ संदेश भी देंगे। इस मुकाबले में असली जीत तब होगी, जब क्रिकेट के जरिए ज्यादा से ज्यादा जरूरतमंदों की थाली तक भोजन पहुंचेगा।

दैनिक भास्कर 12 Aug 2026 5:30 am

कंगना रनोट ने नसीरुद्दीन शाह को कहा लोमड़ी:बोलीं- वे देश का खाकर पड़ोसी के लिए लड़ते हैं; पीयूष मिश्रा के बयान का समर्थन किया

अभिनेत्री और बीजेपी सांसद कंगना रनोट ने वरिष्ठ अभिनेता नसीरुद्दीन शाह पर निशाना साधा है। कंगना ने सोशल मीडिया पोस्ट में नसीरुद्दीन शाह को 'लोमड़ी' कहते हुए लिखा कि वे इस देश का खाते हैं लेकिन पड़ोसी देश के लिए लड़ते हैं। यह विवाद देश में छात्रों के प्रदर्शन पर बॉलीवुड कलाकारों की चुप्पी को लेकर शुरू हुआ था। नसीरुद्दीन शाह ने शांत रहने वाले कलाकारों की तुलना मुंह में हड्डी दबाए कुत्ते से की थी। इसके बाद अभिनेता पीयूष मिश्रा ने झारखंड में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज का मुद्दा उठाकर नसीरुद्दीन से सवाल किए और कहा की वे अब चुप क्यों हैं। कंगना ने पीयूष मिश्रा के बयान का समर्थन करते हुए अपनी बात रखी है। पीयूष मिश्रा की पोस्ट शेयर कर लिखा- वफादारी दुर्लभ हैकंगना रनोट ने अपने इंस्टाग्राम स्टोरी पर पीयूष मिश्रा के बयान की एक रिपोर्ट शेयर की। कंगना ने लिखा कि सच तो यह है कि हर कोई किसी न किसी का कुत्ता है, लेकिन उन्हें इस बात का गर्व है कि वे जिस देश का खाती हैं, उसकी रखवाली करती हैं और उसके लिए लड़ती हैं। कंगना ने आगे लिखा कि आज के दौर में कुत्ता कहलाना एक तारीफ है, क्योंकि वफादारी अब बहुत कम देखने को मिलती है। वे नसीरुद्दीन शाह जैसी लोमड़ी बनने के बजाय कुत्ता बनना पसंद करेंगी। नसीरुद्दीन शाह के 'हड्डी वाले कुत्ते' से शुरू हुआ विवादइस विवाद की शुरुआत नसीरुद्दीन शाह के एक पुराने बयान से हुई थी। देश भर में हुए छात्र प्रदर्शनों पर बड़े एक्टर्स के न बोलने पर नसीरुद्दीन से सवाल पूछा गया था। इस पर नसीरुद्दीन ने कहा था कि जब कलाकारों की आत्मा जागेगी तब वे बोलेंगे। उन्होंने एक कहावत का जिक्र करते हुए कहा था कि जिसके मुंह में हड्डी होती है, वह कुत्ता भौंक नहीं सकता। जैसे ही मुंह से हड्डी गिरेगी या दांत टूटेंगे, वे भौंकने लगेंगे। झारखंड प्रोटेस्ट में पहुंचे पीयूष मिश्रा झारखंड की राजधानी रांची में परीक्षाओं में धांधली और पेपर लीक के खिलाफ छात्रों का आंदोलन जारी है। प्रदर्शन के 16वें दिन अभिनेता और गायक पीयूष मिश्रा धरना स्थल जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम पहुंचे। उन्होंने अभ्यर्थियों के बीच बैठकर उनका समर्थन किया। मीडिया से बातचीत में पीयूष मिश्रा ने कहा कि वे छात्रों के इंटरव्यू देखकर और उनकी आंखों में दर्द देखकर यहां आए हैं। इस दौरान उन्होंने अपनी फिल्म 'गुलाल' का प्रसिद्ध गाना 'आरंभ है प्रचंड' भी गाया, जिससे पूरे परिसर में उत्साह दिखाई दिया। मीडिया से बातचीत में पीयूष मिश्रा ने रांची आने की वजह बताई। उन्होंने कहा कि उनका यहां आने का कोई अन्य मकसद नहीं है। उन्होंने सोशल मीडिया पर प्रदर्शनकारी छात्रों के इंटरव्यू देखे थे। छात्रों की आंखों में दर्द, तकलीफ और आंसू देखकर उनसे रहा नहीं गया। दो दिन का समय खाली मिलते ही वे सीधे रांची आ गए। उन्होंने प्रोटेस्ट के लिए आर्थिक मदद देने की भी बात कही है।

दैनिक भास्कर 12 Aug 2026 4:59 am

हनी सिंह ने बादशाह को कहा- मेरी गंदी औलाद:बादशाह स्टेज नेम को लेकर हनी सिंह का क्रेडिट देने से मुकरे; यो यो ने शेयर किया पुराना क्लिप

रैपर बादशाह और यो यो हनी सिंह का पुराना विवाद एक बार फिर सामने आ गया है। कॉमेडियन समय रैना के शो के दौरान समय ने बादशाह से उनके स्टेज नाम 'बादशाह' को लेकर सवाल किया। बादशाह ने जवाब दिया कि यह नाम उन्होंने खुद रखा है। इसके बाद सोशल मीडिया पर उनका एक पुराना वीडियो वायरल होने लगा, जिसमें वे इस नाम का क्रेडिट हनी सिंह को देते दिख रहे हैं। मामला तब बढ़ा जब हनी सिंह ने इस क्लिप पर कमेंट करते हुए बादशाह को 'नालायक औलाद' कह दिया। समय रैना ने स्टेज नेम पर पूछा सवाल'इंडियाज गॉट लेटेंट 2' के इस एपिसोड में बादशाह के साथ हर्ष लिम्बाचिया, सौरव जोशी और रजत सूद भी मौजूद थे। एक कंटेस्टेंट की परफॉर्मेंस के बाद समय रैना ने बादशाह से पूछा कि उन्हें यह स्टेज नाम किसने दिया। आदित्य प्रतीक सिंह सिसोदिया यानी बादशाह ने कहा कि यह नाम उन्होंने खुद चुना है। इस बयान के तुरंत बाद सोशल मीडिया यूजर्स ने बादशाह का एक पुराना इंटरव्यू खोज निकाला। उस वीडियो में बादशाह कह रहे थे, यह नाम मुझे हनी सिंह पाजी ने दिया था। वे कहते थे कि तुम बादशाह की तरह रहते हो। हनी सिंह ने इंस्टाग्राम पर शेयर किया वीडियोपुराना वीडियो सामने आने के बाद यो यो हनी सिंह ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट की स्टोरी पर समय और बादशाह की बातचीत का क्लिप शेयर किया। वीडियो शेयर करते हुए हनी सिंह ने लिखा मेरी नालायक औलाद। इसके साथ ही हनी सिंह ने एक अन्य पोस्ट में 'मेरी गंदी औलाद' लिखकर भी तंज कसा। इस कमेंट के बाद दोनों रैपर्स के बीच 'माफिया मुंडीर' के दिनों की पुरानी खींचतान दोबारा चर्चा में आ गई है। माफिया मुंडीर से शुरू हुआ था दोनों का विवादबादशाह और हनी सिंह कभी एक साथ हिप-हॉप ग्रुप 'माफिया मुंडीर' का हिस्सा हुआ करते थे। ग्रुप टूटने के बाद से ही दोनों के बीच गानों के क्रेडिट को लेकर विवाद चला आ रहा है। दोनों कलाकार गानों के लेखन और कंपोजिशन पर अलग-अलग दावे करते हैं। विवाद की मुख्य वजह सुपरहिट गाना 'ब्राउन रंग' रहा है। बादशाह का दावा है कि इस गाने के बोल उन्होंने लिखे थे। दूसरी तरफ हनी सिंह का कहना है कि गाने का म्यूजिक और बीट्स उनकी अपनी थीं। इससे पहले जुलाई 2025 में भी बादशाह ने हनी सिंह की एक पोस्ट पर क्रेडिट्स को लेकर तीखी टिप्पणी की थी। ये खबर भी पढ़ें हनी सिंह-बादशाह को अश्लील गाने पर हाई कोर्ट की फटकार:सभी जगह से हटाने के आदेश; कहा- अश्लीलता और महिलाओं का अपमान बर्दाश्त नहीं दिल्ली हाई कोर्ट ने गुरुवार को सिंगर हनी सिंह और बादशाह के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। अदालत ने उनके करीब दो दशक पुराने विवादित गाने 'माफिया मुंडीर' वॉल्यूम 1 को इंटरनेट के सभी प्लेटफॉर्म से तुरंत हटाने के आदेश दिए हैं। कोर्ट ने इस गाने के बोल को 'बेहद अश्लील' और महिलाओं के प्रति अपमानजनक बताया है। पूरी खबर पढ़ें

दैनिक भास्कर 12 Aug 2026 4:30 am

'मिर्जापुर द मूवी' का ट्रेलर रिलीज:मुन्ना भैया और बबलू पंडित की दमदार वापसी; 4 सितंबर को रिलीज होगी फिल्म

'मिर्जापुर द मूवी' का ऑफिशियल ट्रेलर मंगलवार (11 अगस्त) को जारी कर दिया गया है। ट्रेलर में मुन्ना भैया यानी दिव्येंदु शर्मा की दमदार वापसी दिखाई गई है। ट्रेलर में मिर्जापुर की सत्ता, बदले और खून-खराबे का नया अध्याय दिखाया गया है। 3 मिनट लंबे इस ट्रेलर में कालीन भैया, मुन्ना भैया, गुड्डू पंडित और बबलू पंडित के बीच मिर्जापुर की गद्दी को लेकर खूनी जंग और वर्चस्व की कहानी दिखाई गई है। 'भौकाल लाइक नेवर बिफोर' के वादे के साथ आ रही यह फिल्म 4 सितंबर 2026 को हिंदी और तेलुगु में सिनेमाघरों में दस्तक देगी। फिल्म का निर्देशन गुरमीत सिंह ने किया है। देखें ट्रेलर की झलकियां दमदार डायलॉग्स और एक्शन से भरपूर है ट्रेलर ट्रेलर की शुरुआत एक खाली गद्दी और दमदार वॉयसओवर से होती है- गद्दी ना तो विरासत से मिलती है, ना सियासत से... मिलती है तो सिर्फ और सिर्फ बाहुबल से। ट्रेलर में कालीन भैया (पंकज त्रिपाठी) का वही पुराना रौब देखने को मिल रहा है। ट्रेलर में किरदारों को खास टाइटल के साथ पेश किया गया है- कालीन भैया को 'द किंग', मुन्ना भैया (दिव्येंदु) को 'द प्रिंस' और गुड्डू-बबलू (अली फजल और जितेंद्र कुमार) को 'द लायंस' दिखाया गया है। ट्रेलर में अभिनेता रवि किशन का किरदार बेहद आक्रामक और मनोरंजक नजर आ रहा है, जो गाड़ियों की फायरिंग के बीच तंज कसते दिखते हैं। इसके अलावा बीना भाभी (रसिका दुगल) भी इस पावर गेम में अपनी राजनीतिक चालें चलती नजर आ रही हैं। बबलू पंडित के रोल में जितेंद्र कुमार वेब सीरीज में बबलू पंडित का किरदार निभाने वाले विक्रांत मैसी की जगह फिल्म में अभिनेता जितेंद्र कुमार यह रोल निभा रहे हैं। इससे पहले मेकर्स ने फिल्म के नए पोस्टर्स भी जारी किए थे। इनमें कालीन भैया (पंकज त्रिपाठी), मुन्ना भैया (दिव्येंदु), गुड्डू पंडित (अली फजल) और बबलू पंडित (जितेंद्र कुमार) का जबरदस्त लुक दिखाया गया है। रवि किशन और अभिषेक बनर्जी समेत दिखेगी बड़ी स्टारकास्टफिल्म में मुख्य किरदारों के अलावा एक बड़ी स्टारकास्ट शामिल है। इसमें रवि किशन, अभिषेक बनर्जी, रसिका दुगल, मोहित मलिक, शीबा चड्ढा, राजेश तैलंग, प्रमोद पाठक, श्रिया पिलगांवकर, हर्षिता शेखर गौड़, श्वेता त्रिपाठी, सोनल एस. चौहान, अनंग्शा बिस्वास, शाजी चौधरी, सत्येंद्र सोनी, कुलभूषण खरबंदा और सुशांत सिंह नजर आ रहे हैं। फिल्म को पुनीत कृष्णा ने लिखा है, जबकि रितेश सिधवानी और फरहान अख्तर (एक्सेल एंटरटेनमेंट) ने इसे प्रोड्यूस किया है।

दैनिक भास्कर 11 Aug 2026 5:03 pm

प्रियंका चोपड़ा सिद्धिविनायक मंदिर दर्शन करने पहुंचीं:बेटी मालती संग मुंबई पहुंचीं, नंगे पैर दिखीं एक्ट्रेस; 'वाराणसी' की शूटिंग के लिए भारत आईं

एक्ट्रेस प्रियंका चोपड़ा अपनी अपकमिंग भारतीय फिल्म 'वाराणसी' की शूटिंग के लिए मुंबई पहुंची हैं। भारत आते ही प्रियंका मुंबई स्थित प्रसिद्ध सिद्धिविनायक मंदिर में दर्शन करने पहुंचीं। प्रियंका मंदिर परिसर के बाहर बिना चप्पल के नंगे पैर चलती नजर आईं, जबकि उनके साथ चल रहे शख्स के पैरों में चप्पल दिखी। प्रियंका ने हाथ हिलाकर फैंस का अभिवादन किया और फिर अपनी कार में बैठकर रवाना हो गईं। राजामौली की 'वाराणसी' से कमबैक कर रही हैं प्रियंकाप्रियंका चोपड़ा काफी समय बाद किसी भारतीय फिल्म में काम करने जा रही हैं। वे निर्देशक एसएस राजामौली की अपकमिंग फिल्म 'वाराणसी' में नजर आएंगी। इस फिल्म में उनके साथ साउथ स्टार महेश बाबू और पृथ्वीराज सुकुमारन मुख्य भूमिकाओं में हैं। मुंबई के बाद प्रियंका 'वाराणसी' की शूटिंग के लिए हैदराबाद रवाना होंगी। यह फिल्म 7 अप्रैल 2027 को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है। फिल्म में निशानेबाज 'मंदाकिनी' का रोलफिल्म 'वाराणसी' की कहानी की बात करें तो महेश बाबू इसमें 'रुद्र' नाम के किरदार में नजर आएंगे, जो एक प्राचीन खगोलीय कलाकृति से जुड़े मिशन पर निकलता है। प्रियंका चोपड़ा फिल्म में 'मंदाकिनी' का किरदार निभा रही हैं, जो एक इतिहासकार और कुशल निशानेबाज है। फिल्म में मंदाकिनी मुख्य किरदार रुद्र का साथ देती है। वहीं पृथ्वीराज सुकुमारन नेगेटिव रोल में दिखेंगे। फिल्म की कहानी में किरदारों की खोज उन्हें अफ्रीका, अंटार्कटिका और यूरोप तक ले जाती है। हॉलीवुड प्रोजेक्ट 'ब्लूफ्लाई' में रसेल क्रो के साथ दिखेंगीभारतीय प्रोजेक्ट्स के अलावा प्रियंका चोपड़ा के पास हॉलीवुड के भी कई बड़े प्रोजेक्ट्स हैं। वे जल्द ही साइंस-फिक्शन एक्शन थ्रिलर फिल्म 'ब्लूफ्लाई' में नजर आएंगी। इस फिल्म में वे ऑस्कर विजेता हॉलीवुड एक्टर रसेल क्रो के साथ मुख्य भूमिका में काम कर रही हैं। ये खबर भी पढ़ें प्रियंका चोपड़ा ने बेटी को सिखाए दुर्गा सप्तशती के मंत्र:वीडियो में मालती भी साथ में बोलती नजर आईं; एक्ट्रेस ने बताईं अपनी दो पर्सनैलिटी प्रियंका चोपड़ा ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक वीडियो शेयर किया। वीडियो में वह अपनी बेटी मालती मैरी को गोद में लेकर दुर्गा सप्तशती के मंत्र सिखाती नजर आ रही हैं। प्रियंका के साथ मालती मंत्र भी बोल रही हैं। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 11 Aug 2026 2:57 pm

ऑस्कर 2027 के लिए भारत की एंट्री आज होगी घोषित:पिछले साल होमबाउंड को भेजा गया था, फिल्म टॉप 15 तक पहुंची थी

फिल्म फेडरेशन ऑफ इंडिया (FFI) आज 2027 के अकादमी अवॉर्ड्स (ऑस्कर) में बेस्ट इंटरनेशनल फीचर फिल्म कैटेगरी के लिए भारत की ऑफिशियल एंट्री की घोषणा करेगा। यह इवेंट मुंबई के द क्लब में दोपहर 2:30 बजे होगा। बता दें कि ऑस्कर का 99वां एडिशन 14 मार्च, 2027 को अमेरिका के लॉस एंजिल्स शहर के हॉलीवुड इलाके के डॉल्बी थिएटर में होगा। पिछले साल फिल्म होमबाउंड को भारत की ओर से ऑस्कर के लिए भेजा गया था। फिल्म में ईशान खट्टर और विशाल जेठवा मुख्य भूमिकाओं में थे। 2025 में अलग-अलग भाषाओं की कुल 24 फिल्मों पर भारत की ऑस्कर एंट्री के लिए विचार किया गया था। इनमें होमबाउंड का सेलेक्शन हुआ था। उस समय सेलेक्शन कमेटी के चेयरपर्सन एन चंद्रा ने कहा था कि यह फैसला काफी मुश्किल था। एन चंद्रा ने कहा था, ये ऐसी फिल्में थीं, जिन्होंने लोगों की जिंदगी को छुआ। उन्होंने चयन समिति की तुलना कोच से करते हुए कहा था कि वे जज नहीं, बल्कि ऐसे खिलाड़ियों की तलाश कर रहे थे, जिन्होंने अपनी पहचान बनाई हो। ‘होमबाउंड’ का निर्देशन नीरज घायवान ने किया था नीरज घायवान के डायरेक्शन में बनी होमबाउंड बशारत पीर के 2020 के न्यूयॉर्क टाइम्स के लेख 'टेकिंग अमृत होम' पर आधारित थी। हिंदी फिल्म कान्स और टोरंटो जैसे प्रतिष्ठित फिल्म समारोहों में भी दिखाई गई थी। फिल्म की कहानी उत्तर भारत के एक छोटे से गांव में रहने वाले दो बचपन के दोस्तों की है। दोनों ऐसी पुलिस की नौकरी हासिल करना चाहते हैं, जो उन्हें लंबे समय से नहीं मिली गरिमा दिला सके। करण जौहर और अदार पूनावाला के धर्मा प्रोडक्शंस की बनाई 'होमबाउंड' ऑस्कर की लंबी लिस्ट (टॉप 15 फिल्में) में जगह बनाने में कामयाब रही, लेकिन फाइनल टॉप-5 नॉमिनेशन में जगह नहीं बना पाई। ‘वन बैटल आफ्टर अनदर’ ने बेस्ट फिल्म समेत 6 अवॉर्ड जीते थे 98वें ऑस्कर अवॉर्ड्स (2026) में ‘वन बैटल आफ्टर अनदर’ ने बेस्ट फिल्म समेत सबसे ज्यादा 6 अवॉर्ड जीते थे। ‘सिनर्स’ के लिए माइकल बी. जॉर्डन को बेस्ट एक्टर और ‘हेमनेट’ के लिए जेसी बकले को बेस्ट एक्ट्रेस चुना गया था। ‘सिनर्स’ को सबसे ज्यादा 16 नॉमिनेशन मिले थे, लेकिन फिल्म ने 4 अवॉर्ड जीते थे। वहीं, भारतीय मूल की फिल्ममेकर गीता गंदभीर की दो डॉक्यूमेंट्री नॉमिनेट हुईं। प्रियंका चोपड़ा ने दूसरी बार ऑस्कर में प्रेजेंटर की भूमिका निभाई थी। पूरी खबर यहां पढ़ें…

दैनिक भास्कर 11 Aug 2026 1:49 pm

झारखंड में छात्रों पर लाठीचार्ज पर भड़के प्रकाश राज:बोले- अब ये क्रूरता नहीं चलेगी, अहंकारी सत्ता और कमजोर होगी

एक्टर प्रकाश राज ने सोमवार को रांची में झारखंड विधानसभा की ओर मार्च कर रहे प्रदर्शनकारी छात्रों पर पुलिस की कार्रवाई पर प्रतिक्रिया दी। प्रकाश राज ने अपने X अकाउंट पर सोमवार को प्रदर्शन स्थल से कथित तौर पर लिया गया एक वीडियो रीपोस्ट किया। वीडियो में छात्रों को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस और लाठीचार्ज का इस्तेमाल करते हुए दिखाया गया। रिप्लाई देते हुए एक्टर ने लिखा, “क्यों... क्यों... क्यों? अब ये क्रूरता नहीं चलेगी। इससे सिर्फ घमंड में बैठी सत्ता और कमजोर होगी।” पीयूष ने नसीरुद्दीन शाह के बयान पर सवाल उठाया झारखंड में JPSC-JSSC परीक्षा में कथित गड़बड़ी के खिलाफ छात्रों का आंदोलन जारी है। इस बीच बॉलीवुड की चुप्पी पर भी सवाल उठ रहे हैं। सोशल मीडिया यूजर्स का कहना है कि दिल्ली के CJP (कॉकरोच जनता पार्टी) प्रदर्शन के दौरान सलमान खान, नसीरुद्दीन शाह, आलिया भट्ट और सोनाक्षी सिन्हा जैसे कई सेलेब्स ने छात्रों के समर्थन में प्रतिक्रिया दी थी। यूजर्स का दावा है कि झारखंड के छात्रों के मुद्दे पर ज्यादातर बड़े चेहरे चुप हैं। हालांकि, एक्टर पीयूष मिश्रा रांची पहुंचकर छात्रों के समर्थन में खड़े हुए। पीयूष मिश्रा ने झारखंड प्रोटेस्ट में पहुंचकर नसीरुद्दीन शाह के एक बयान पर उन पर कटाक्ष किया। मिश्रा ने कहा था, ‘नसीरुद्दीन शाह साहब, आपने कॉकरोच जनता पार्टी के प्रोटेस्ट पर सेलेब्स के कुछ न कहने पर एक बात कही थी कि जिन कुत्तों के मुंह में हड्डी है वह नहीं बोलेंगे। माफ करिएगा, मैं आपका प्रति पूरा सम्मान देकर पूछना चाहता हूं कि इस वक्त वो कौन कुत्ते हैं, जिनके मुंह में हड्डी है।’ क्या था नसीरुद्दीन शाह का पूरा बयान? दरअसल, दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी के प्रोटेस्ट पर शुरुआत में सेलेब्स की चुप्पी पर बात करते हुए नसीरुद्दीन शाह ने द वायर से बात करते हुए कहा था, ‘सेलेब्स तब बोलेंगे, जब उनका जमीर उनसे ऐसा करने को बोलेगा। एक कहावत है कि जिस कुत्ते के मुंह में हड्डी होती है, वो भौंक नहीं सकता। जैसे ही हड्डी उसके मुंह से गिरेगी या दांत टूटेंगे, तब वो भौंकेगा।’ बता दें कि झारखंड छात्रों के प्रदर्शन के 16वें दिन पीयूष मिश्रा धरना स्थल जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम पहुंचे थे। उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा था कि वे छात्रों के इंटरव्यू देखकर और उनकी आंखों में दर्द देखकर यहां आए हैं। इस दौरान उन्होंने अपनी फिल्म 'गुलाल' का प्रसिद्ध गाना 'आरंभ है प्रचंड' भी गाया था। …………… झारखंड के छात्रों के आंदोलन से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें... विधानसभा घेराव के दौरान 10 छात्र घायल:14 पुलिसकर्मियों को भी आई चोट, एक आईसीयू में भर्ती, 12 इलाज करा घर गए विधानसभा घेराव के दौरान हुए हंगामे में करीब 130 लोगों के घायल होने की सूचना है। जेपीएससी-जेएसएससी रिफार्म मंच के प्रतिनिधियों ने बताया कि रिफॉर्म मंच के करीब 80 छात्र-छात्राओं को चोट आई है। पुलिस ने उन्हें बेरहमी से पीटा है। पूरी खबर यहां पढ़ें…

दैनिक भास्कर 11 Aug 2026 1:16 pm

‘उसकी बुद्धि भ्रष्ट हो गई है’:गोविंदा के एक्ट्रेस कोमल के साथ दिखने पर पत्नी सुनीता भड़कीं, बोलीं- क्या घटिया स्टैंडर्ड है

गोविंदा को एक्ट्रेस कोमल रानी के साथ देखे जाने के सवाल पर प्रतिक्रिया देते हुए पत्नी सुनीता आहूजा ने कहा कि गोविंदा की बुद्धि भ्रष्ट हो गई है। दरअसल, सोमवार को जब एक पैपराजी ने सुनीता आहूजा से पूछा कि गोविंदा सर भी देखे गए कोमल मैम के साथ, फिल्म का प्रमोशन शुरू हुआ? इस पर सुनीता ने कहा कि एक कहावत सुनी है- ‘विनाश काले विपरीत बुद्धि।’ और उसकी बुद्धि भ्रष्ट हो गई है। इसलिए यह सब करता है। क्या बोले अब? वहीं, उनसे पूछा गया कि सोशल मीडिया पर गोविंदा को चीटर नंबर 1 कहा जा रहा है, तो सुनीता ने कहा कि यह सवाल गोविंदा के फैंस से पूछना। जब मैं बोलती हूं, तो ये सब मुझे ट्रोल करते हैं। मैं चाहती हूं गोविंदा के फैंस, मीडिया इस चीज का जवाब दें। मुझसे मत पूछो। मुझको कोई इंटरेस्ट ही नहीं है और ये उसके फैंस बताएंगे। उन्होंने आगे कहा कि जब मैं सच बोलती हूं, तो सब मुझे गालियां देते हैं तो अब जो देख रहे हैं, उनका बताना चाहिए गोविंदा सही या मैं और इस बारे में मुझे कुछ बात नहीं करनी। सब भाड़ में जाए। सुनीता ने यह भी कहा कि कुछ करना भी था तो स्टैंडर्ड से करता, यह क्या घटिया स्टैंडर्ड कर रहा है। पहले जो उनका स्टैंडर्ड था न, ये तो स्टैंडर्ड ही नहीं है। यह गोविंदा का स्टैंडर्ड नहीं है। को-एक्ट्रेस के साथ गोविंदा स्पॉट हुए थे गोविंदा हाल ही में एक्ट्रेस कोमल रानी स्वर्णकार के साथ एयरपोर्ट पर स्पॉट हुए थे। बता दें कि सुनीता ने कुछ समय पहले ही कहा था कि उन्हें कोमल नाम से नफरत है। सुनीता ने मिस मालिनी को दिए इंटरव्यू में गोविंदा के अफेयर रूमर्स पर बात करते हुए कहा था कि जवानी में गलतियां होती हैं, लेकिन 63 की उम्र में ये सब सुनना ठीक नहीं है। सुनीता ने कहा था, ‘ये नाम थोड़ा गड़बड़ है। मुझे कोमल नाम से नफरत है। एक है कोमल, एक्स वाय जेड है कोई। मुझे उससे नफरत है।’ गोविंदा के साथ बॉलीवुड डेब्यू करने वाली हैं कोमल गोविंदा 7 साल बाद बॉलीवुड कमबैक कर रहे हैं और अपने प्रोडक्शन की इस फिल्म से कोमल को भी लॉन्च कर रहे हैं। सिर्फ यही नहीं कोमल के गोविंदा की दूसरी फिल्म दुनियादारी में होने की भी खबरें हैं। गोविंदा ने जुलाई में अपकमिंग फिल्म रूपा से जुड़ी एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कोमल का मीडिया से परिचय करवाया और तारीफ कर कहा कि फिल्म देखने के बाद दर्शक उन्हें अच्छी एक्ट्रेस मानेंगे। गोविंदा ने हाल ही में सुनीता के उन आरोपों पर जवाब दिया, जिनमें उन्होंने उनके अफेयर्स की बात कही थी। सुनीता के लगाए हुए अफेयर के आरोपों पर ANI से बातचीत में गोविंदा ने कहा, वह मुझे बहुत प्यार से गाली देती हैं और मैं उनके हाथ से खाता भी हूं। मुझे लगता है कि जो लोग जहां हैं और भगवान ने उन्हें जो भी भूमिका दी है, अगर वो वहां नहीं होते हम कामयाब नहीं हो सकते थे। गोविंदा बोले- दूरी बनाने के लिए आरोप लगाना जरूरी नहीं गोविंदा ने इशारा किया कि उनके बारे में खुलकर बोलने के बाद सुनीता को स्टारडम मिला। उन्होंने कहा, बहुत सी बातें ऐसी होती हैं, जो बयां नहीं की जातीं। क्या दूरी बनाने के लिए आरोप लगाने की जरूरत है क्या? लेकिन लोग मानते हैं कि ये निकलने का आसान रास्ता है। उन्होंने सवाल किया कि कामयाबी के लिए अपने ही लोगों की बुराई जरूरी है क्या? यह थोड़ा आसान है। सुनीता तारीफ करती है फिर एक बुराई करती है। मुझे इसमें ज्यादा प्यार दिखाई देता है। सुनीता ने कहा था- गोविंदा के कई अफेयर्स रहे सुनीता आहूजा हाल ही में शो ‘लॉक अप 2’ की कंटेस्टेंट बनी थीं। शो के दौरान उन्होंने गोविंदा के कथित अफेयर्स पर बात की थी। उन्होंने कहा था, “प्यार में आपको हर चीज सहन करने में सक्षम होना चाहिए। चीची (गोविंदा) के जवानी में कई अफेयर्स रहे हैं। तब मैंने नजरअंदाज किया था, लेकिन अब नहीं करूंगी।” 1987 में हुई थी गोविंदा और सुनीता की शादी गोविंदा और सुनीता आहूजा ने 1987 में एक प्राइवेट समारोह में शादी की थी। उस समय गोविंदा बॉलीवुड स्टार बन चुके थे। दोनों ने गोविंदा के करियर के लिए करीब दो साल तक अपनी शादी की बात छिपाकर रखी थी। बेटी टीना आहूजा के जन्म के बाद उन्होंने शादी को सार्वजनिक किया था। इसके बाद दोनों के बेटे यशवर्धन आहूजा का जन्म हुआ।

दैनिक भास्कर 11 Aug 2026 11:38 am

CINTAA विवाद पर अध्यक्ष पूनम ढिल्लों ने रिएक्शन दिया:आरोपों को बेहद आपत्तिजनक बताया, 8 एग्जीक्यूटिव सदस्यों ने दिया इस्तीफा था

सिने एंड टीवी आर्टिस्ट्स एसोसिएशन (CINTAA) की एग्जीक्यूटिव कमेटी के 8 सदस्यों ने हाल ही में अपने पदों और कमेटी से इस्तीफा दे दिया। इन सदस्यों ने आरोप लगाया है कि उन्हें संगठन की मौजूदा लीडरशिप पर कोई भरोसा नहीं है। उन्होंने नए चुनाव कराने की मांग भी की। इस विवाद के बीच, CINTAA की प्रेसिडेंट पूनम ढिल्लों ने सोमवार को अपने और वाइस प्रेसिडेंट पद्मिनी कोल्हापुरे के खिलाफ लगे आरोपों को बहुत आपत्तिजनक बताया। दरअसल, इस्तीफा देने वाले 8 निर्वाचित सदस्यों में हेमंत पांडे, मुकेश ऋषि, साहिला चड्ढा, हेतल परमार, पुनीत इस्सर, विंदू दारा सिंह, विकास वर्मा और दीपक पाराशर शामिल हैं। उनका आरोप है कि कार्यकारी समिति से सलाह या मंजूरी लिए बिना महत्वपूर्ण फैसले बार-बार किए गए। दरअसल, आठों सदस्यों ने संयुक्त इस्तीफा पत्र में आरोप लगाया कि एसोसिएशन का कामकाज पूनम, पद्मिनी और कुछ दूसरे सदस्यों तक सीमित होकर रह गया। उन्होंने सामूहिक फैसले, सलाह-मशवरे और संविधान के नियमों के बार-बार उल्लंघन की बात भी कही। इस्तीफा देने वाले सदस्यों ने क्या आरोप लगाए टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, इस्तीफा पत्र के एक हिस्से में कथित तौर पर लिखा गया, अध्यक्ष पूनम ढिल्लों बार-बार एकतरफा फैसले लेती रही हैं। उन्होंने अपनी ID का इस्तेमाल करके सरकारी अधिकारियों को ऑफिशियल मैसेज भेजे हैं और CINTAA की ऑफिशियल ID का इस्तेमाल करके इंडस्ट्री ऑर्गनाइजेशन को भेजे गए मैसेज पर भी अकेले ही फैसला किया है। पत्र में आगे कहा गया, उन्होंने एग्जीक्यूटिव कमेटी की जानकारी, सलाह और मंजूरी के बिना, सरकार, क्वासी-ज्यूडिशियल और इंडस्ट्री बॉडीज के सामने और सबके सामने एसोसिएशन को रिप्रेजेंट किया। इससे कलेक्टिव रिस्पॉन्सिबिलिटी के प्रिंसिपल को कमजोर किया गया। CINTAA की महासचिव उपासना सिंह ने ANI से इस्तीफे की पुष्टि की थी। उन्होंने कहा था कि कुल 11 सदस्यों ने इस्तीफा दिया है, जिनमें कार्यकारी समिति के 8 सदस्य भी शामिल हैं। उपासना सिंह ने कहा था, उन्होंने अपनी शिकायतें भी दी हैं। उनका कहना है कि पद्मिनी कोल्हापुरे और पूनम ढिल्लों अपने पदों का गलत इस्तेमाल कर रही हैं। हालांकि, एसोसिएशन के कानूनी सलाहकार ने साफ किया कि कार्यकारी समिति भंग नहीं हुई है। पूनम बोलीं- मानहानि का केस कर सकते थे पूनम ढिल्लों ने अपने खिलाफ लगाए आरोपों को खारिज किया। उन्होंने ANI से बात करते हुए कहा, बात यह थी कि चीजें उनके हिसाब से नहीं हो रही थीं। वे CAWT (सिने आर्टिस्ट्स वेलफेयर ट्रस्ट) के जरिए CINTAA सदस्यों पर नियंत्रण रखने की कोशिश कर रहे थे। जब ऐसा नहीं हो पाया तो उन्होंने हमारे खिलाफ अजीब और गंभीर आरोप लगाने शुरू कर दिए। पूनम ने आरोपों की भाषा पर नाराजगी जताते हुए कहा, आप यकीन नहीं करेंगे कि आरोप कितने अश्लील थे। वे इतने आपत्तिजनक थे कि अगर हम चाहते तो इसमें शामिल हर व्यक्ति के खिलाफ मानहानि की कार्रवाई करने पर विचार कर सकते थे। ऐसे आरोप, दुख पहुंचाने वाले बयान और आपत्तिजनक भाषा बड़े स्तर पर फैलाई गई। पूनम ने बताया कि इस विवाद का उन पर इमोशनल असर पड़ा और उन्होंने कई बार कार्यकारी समिति से इस्तीफा देने के बारे में सोचा। उन्होंने कहा कि दो या तीन लोग, जिन्हें उन्होंने पेड प्रवक्ता बताया, इसी तरह की बातें करते थे। उन्होंने कहा कि उनमें से एक या दो CINTAA के सदस्य भी थे। उन्होंने बहुत अनुचित और दुख पहुंचाने वाले बयान दिए। फिर भी हमने चुप रहना चुना। पूनम ने आत्मसम्मान को सबसे जरूरी बताया पूनम ने कहा कि मैं सिर्फ एक बात कहना चाहूंगी। मेरा आत्मसम्मान और ईमानदारी मेरे लिए बहुत जरूरी है। हमने जो कुछ वर्षों में कमाया है, वह एक-दो साल में नहीं कमाया। हमने अपने व्यवहार, गरिमा, मौजूदगी और लोगों के साथ व्यवहार व बातचीत के तरीके से दशकों में अपनी प्रतिष्ठा और आत्मसम्मान बनाया है। हिंदुस्तान टाइम्स के साथ एक और इंटरव्यू में पूनम ने कहा कि वह और पद्मिनी CINTAA के लिए गुडविल बनाने के लिए अपने रिसोर्स और कनेक्शन का इस्तेमाल कर रही हैं। उन्होंने कहा कि इसका मकसद पर्सनल फायदा नहीं है। पूनम ने कहा कि संगठन के सदस्यों के लिए कुछ करने की पहल कोई और नहीं कर रहा था, इसलिए मैं उनके आरोपों से हैरान हूं। CAWT और कार्यक्रम से जुटाई रकम पर सफाई पूनम ने कहा कि इस्तीफा देने वाले सदस्य CAWT को बचाने की कोशिश कर रहे थे। यह ट्रस्ट दिवंगत दिलीप कुमार, अमरीश पुरी, अमजद खान और दूसरे वरिष्ठ कलाकारों ने बनाया था। उन्होंने कहा कि इस ट्रस्ट ने सदस्यों को मेडिकल सुविधाएं देने की अपनी जिम्मेदारी पूरी नहीं की है। पूनम के मुताबिक, पिछले कुछ दशकों में मौजूदा समिति के किसी सदस्य ने CAWT के लिए रकम नहीं जुटाई। उन्होंने बताया कि हाल में एक कार्यक्रम के जरिए रकम जुटाई गई। कार्यक्रम में प्रस्तुति देने वाली कलाकार कविता कृष्णमूर्ति और मधुश्री को साड़ियां दी गईं, जबकि बिना फीस प्रस्तुति देने वाले नितिन मुकेश को कुर्ता दिया गया। पूनम ने कहा, इस्तीफा देने वाले सदस्य हम पर साड़ियां खरीदने का आरोप लगा रहे हैं। क्या हमने वे साड़ियां अपने लिए खरीदी थीं? हम यह मानते हैं कि इन कलाकारों ने बिना फीस हमारे लिए प्रस्तुति दी थी, इसलिए उन्हें ये उपहार दिए गए। पद्मिनी और मैंने उन्हें व्यक्तिगत रूप से फोन किया था और अपने अनुरोध पर उनसे प्रस्तुति करवाई थी। इन गायकों ने CINTAA के लिए मदद की। हमने इन परफॉर्मेंस से 1 करोड़ रुपए जुटाए। ऐसे में अगर हम कलाकारों के उपहारों पर 1 लाख रुपए खर्च करते हैं तो इसमें समस्या क्या है? ‘42 साल से इंडस्ट्री में हूं, क्या ऐसा विश्वासघात कर सकती हूं’ पूनम ने सवाल किया कि फिल्म इंडस्ट्री में दशकों तक काम करने के बाद क्या उन पर संगठन से विश्वासघात करने का आरोप लगाया जा सकता है। उन्होंने कहा, हम इस इंडस्ट्री में 42 साल से हैं। कुछ लोग 45 साल से और कुछ 48 साल से इसका हिस्सा हैं। क्या आपको सच में लगता है कि इतने वर्षों बाद हम ऐसा विश्वासघात कर सकते हैं? मैं आपके साथ एक बहुत निजी बात साझा करना चाहती हूं। पिछले एक या डेढ़ साल में कई बार ऐसा लगा कि CINTAA की कार्यकारी समिति से इस्तीफा देकर अलग हो जाऊं। उन्होंने इसकी वजह बताते हुए कहा कि इन लोगों ने हमारा जीवन बहुत मुश्किल बना दिया था। हर एक चीज का विरोध किया गया। हर पहल का विरोध किया गया। FWICE ने 11 अगस्त की EGM पर सवाल उठाए वहीं, CINTAA में जारी अंदरूनी विवाद को लेकर फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (FWICE) ने CINTAA के पदाधिकारियों को 11 अगस्त को प्रस्तावित एक्स्ट्राऑर्डिनरी जनरल मीटिंग (EGM) आयोजित नहीं करने की चेतावनी दी। FWICE अध्यक्ष बी.एन. तिवारी ने सोमवार को जारी पत्र में कहा कि CINTAA की एलेक्टेड एग्जीक्यूटिव कमेटी के 50% से अधिक सदस्यों के इस्तीफा देने के बाद कमेटी संविधान के तहत भंग हो चुकी है। FWICE ने CINTAA के संविधान की क्लॉज (F)(iii) का हवाला देते हुए कहा कि 50% या उससे ज्यादा निर्वाचित पद खाली होने पर कमेटी भंग मानी जाती है और नए चुनाव कराए जाने चाहिए।

दैनिक भास्कर 11 Aug 2026 9:36 am

सुनील शेट्टी@65- धमकी मिलने पर अंडरवर्ल्ड डॉन को गालियां दीं:को-एक्ट्रेस से मिलाने के लिए जूनियर आर्टिस्ट को नकली मुख्यमंत्री बनाया; अजय देवगन ‘दूधवाला’ कहते हैं

90 का दशक। मुंबई में अंडरवर्ल्ड का खौफ ऐसा था कि बड़े-बड़े कारोबारी और फिल्म स्टार भी धमकी भरे फोन से घबरा जाते थे। इसी दौर में एक बॉलीवुड एक्टर को भी लगातार धमकी वाले फोन आ रहे थे। करीब डेढ़ साल तक धमकियों का सिलसिला चलता रहा, लेकिन एक दिन बात हद से आगे बढ़ गई। फोन करने वाले गैंगस्टर ने धमकी दी कि वह एक्टर के पिता को गोली मार देगा। बेटे ने अब तक धमकी को नजरअंदाज किया था, लेकिन पिता को धमकी मिलते ही उसका सब्र टूट गया। उसने गैंगस्टर को ही उसी की भाषा में जवाब दिया, गालियां दीं और कहा- मेरे पास तुझसे ज्यादा पैसे भी हैं और ज्यादा कनेक्शन भी। इसलिए कभी मत सोचना कि मैं डर जाऊंगा। यह एक्टर थे बॉलीवुड के ‘अन्ना’ यानी सुनील शेट्टी और गैंगस्टर था हेमंत पुजारी। आज सुनील शेट्टी के 65वें जन्मदिन पर जानते हैं उनकी जिंदगी के कुछ ऐसे अनसुने किस्से 15 साल की उम्र में पुलिस को ट्रेनिंग दी सुनील शेट्टी ने लल्लनटॉप को दिए इंटरव्यू में बताया था कि जब वह 13-14 साल के थे, तब ब्रूस ली की फिल्मों से इतने प्रभावित हुए कि उन्होंने मार्शल आर्ट सीखने का फैसला कर लिया। सुनील ने बताया था कि उस दौर में वह क्रिकेट भी खेलते थे, लेकिन खुद को और मजबूत और फुर्तीला बनाने के लिए उन्होंने मार्शल आर्ट्स की ट्रेनिंग शुरू की। लगातार मेहनत और समर्पण का नतीजा यह हुआ कि महज 15 साल की उम्र में उनके सेंसेई (टीचर) ने उन्हें दूसरे छात्रों को ट्रेनिंग देने की जिम्मेदारी सौंप दी। इसके बाद भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP) के जवान भी उनसे ट्रेनिंग लेने आने लगे। इतना ही नहीं, वह महाराष्ट्र पुलिस के जवानों को भी फिटनेस और रनिंग की ट्रेनिंग देते थे। सुनील ने बताया था कि वह जवानों के साथ 20 से 30 किलोमीटर तक दौड़ लगाते थे और रेत व पानी में कठिन अभ्यास करवाते थे। पहली फिल्म के पोस्टर खुद सड़कों पर चिपकाए थे सुनील शेट्टी की पहली फिल्म 'आरजू' लगभग 90-95 प्रतिशत शूट होने के बाद बंद हो गई। इसके बाद दूसरी फिल्म भी शुरू होकर रुक गई। लगातार दो प्रोजेक्ट ठप होने के बाद आखिरकार उन्हें 'बलवान' से बॉलीवुड में डेब्यू करने का मौका मिला। फिल्म 'बलवान' के समय इतना बड़ा प्रमोशन बजट नहीं था। इसलिए वह खुद अपने रेस्टोरेंट के कर्मचारियों के साथ मुंबई की सड़कों पर फिल्म के पोस्टर चिपकाते थे। लल्लनटॉप को दिए इंटरव्यू में सुनील ने बताया था कि बलवान बॉक्स ऑफिस पर सफल रही। दर्शकों ने फिल्म पसंद की, लेकिन कुछ फिल्म समीक्षकों ने उनकी एक्टिंग की जमकर आलोचना की। एक मशहूर समीक्षक ने अपने रिव्यू में उन्हें ‘वुडन डोरनॉब’ तक कह दिया था। इतना ही नहीं, उसने यह भी लिख दिया कि सुनील शेट्टी को फिल्मों में काम करने की बजाय अपने रेस्टोरेंट में वापस जाकर इडली-वड़ा बेचना चाहिए। चुनाव प्रचार को लेकर सुनील दत्त ने नाराजगी जताई थी पिछले साल द ग्रेट इंडियन कपिल शो में सुनील शेट्टी ने बताया था कि एक बार संजय दत्त अपने एक दोस्त के कहने पर चुनाव प्रचार के लिए तैयार हो गए। हालांकि, मजेदार बात यह थी कि जिस नेता के लिए वे प्रचार करने जा रहे थे, वह विपक्षी पार्टी से था और वह उनके पिता सुनील दत्त के खिलाफ चुनाव लड़ रहा था। इस पर संजय दत्त ने मुस्कुराते हुए सफाई दी थी, ‘मैं भूल गया था।’ सुनील शेट्टी ने आगे बताया था कि बाद में संजय की जगह उन्हें प्रचार के लिए भेजा गया। जब यह बात सुनील दत्त को पता चली तो उन्होंने सुनील शेट्टी को घर बुलाकर कहा, ‘बेटा, मैं आपकी दोस्ती समझता हूं, लेकिन मेरे बारे में भी सोचना चाहिए था।’ इस पर सुनील शेट्टी ने कहा था कि उस समय उनके मन में बस एक ही बात आई थी- ‘आपके बेटे ने नहीं सोचा, मैं क्या सोचूं!’ सास के कहने पर फिल्म ‘बॉर्डर’ में काम किया 'बॉर्डर' सुनील शेट्टी की सबसे फेमस फिल्मों में गिनी जाती है। हालांकि, सुनील ने शुरुआत में इस फिल्म में काम करने से साफ इनकार कर दिया था। लल्लनटॉप को दिए एक इंटरव्यू में सुनील शेट्टी ने बताया कि उस समय फिल्म इंडस्ट्री में जेपी दत्ता की एक अलग ही इमेज थी। लोग कहते थे कि वह शूटिंग के दौरान बेहद रूड रहते हैं और कलाकारों को डांटने या गुस्सा करने से भी नहीं हिचकिचाते। यह सब सुनकर सुनील ने मन बना लिया था कि ऐसे डायरेक्टर के साथ काम नहीं करेंगे। उन्हें लगा कि अगर किसी ने सेट पर बेइज्जती की या गाली दी, तो उनके लिए काम करना मुश्किल हो जाएगा। इसलिए उन्होंने फिल्म करने से मना कर दिया। इसी बीच उनकी सास ने उन्हें समझाया कि किसी की बातों पर भरोसा करने से पहले खुद फिल्म की कहानी सुननी चाहिए। सास के कहने पर सुनील की जेपी दत्ता से मुलाकात हुई। उन्होंने फिल्म की कहानी सुनी और आखिरकार फिल्म बॉर्डर के लिए हां कर दी थी। कारगिल में घायल जवान से मिलकर रो पड़े थे सुनील शेट्टी 'बॉर्डर' की सफलता के बाद सुनील शेट्टी कारगिल युद्ध के दौरान फॉरवर्ड बेस और सैन्य अस्पताल पहुंचे थे। वहां उनकी मुलाकात 19 साल के एक जवान से हुई, जिसने युद्ध में अपना एक हाथ गंवा दिया था। सुनील को देखते ही जवान बोला, भैरव सिंह जी, मेरा एक हाथ चला गया... मुझे वापस भेज दो, दुश्मनों को खत्म करना है। यह सुनकर सुनील की आंखें भर आईं। जवान के माता-पिता ने उन्हें ही ढांढस बंधाया और कहा, रोना मत बेटा, उसने देश के लिए हाथ खोया है। छोटा बेटा भी फौज में जाएगा। सुनील ने कहा था, उसी दिन उन्हें समझ आया कि भारतीय सेना का जज्बा आम लोगों से बिल्कुल अलग होता है। अक्षय और सुनील को अजय देवगन कहते हैं 'दूधवाला' सुनील शेट्टी सालों से रात 10–10:30 बजे तक सो जाते हैं और सुबह 5:30 बजे जिम पहुंच जाते हैं। उनकी यह दिनचर्या कभी नहीं बदली। इसी आदत को लेकर अजय देवगन अक्सर उनकी और अक्षय कुमार की खिंचाई करते हैं। सुनील ने लल्लनटॉप को दिए इंटरव्यू में बताया था, अजय देवगन अक्सर कहते हैं फिल्म इंडस्ट्री में दो ही दूधवाले हैं—एक अक्षय कुमार और दूसरा सुनील शेट्टी। सुबह-सुबह ऐसा लगता है जैसे यही दोनों दूध की सप्लाई करने निकलते हैं। अंडरवर्ल्ड की धमकी पर गैंगस्टर को ही दे डाली चुनौती 90 के दशक में सुनील शेट्टी को अंडरवर्ल्ड से धमकियां मिली थीं। सुनील शेट्टी ने बताया था कि उस समय उनका सरनेम 'शेट्टी' होने की वजह से अंडरवर्ल्ड को लगता था कि उन्हें डराकर बाकी शेट्टी कारोबारियों से भी हफ्ता वसूला जा सकता है। गैंगस्टर हेमंत पुजारी और उसके लोग लगातार उनके घर, ऑफिस और मैनेजर के पास फोन कर धमकियां देते थे। यह सिलसिला करीब डेढ़ साल तक चलता रहा। एक दिन हेमंत पुजारी ने फोन कर धमकी दी कि वह सुबह वॉक पर जाने वाले सुनील शेट्टी के पिता को गोली मार देगा। यह सुनकर सुनील शेट्टी अपना आपा खो बैठे। उन्होंने गैंगस्टर को उसी की भाषा में जवाब दिया। सुनील ने उससे कहा, तेरे बारे में जितनी जानकारी तेरे पास है, उससे ज्यादा मेरे पास है। तेरी बहनें कहां रहती हैं, तेरे भाई कहां हैं, तेरे रिश्तेदार कहां हैं... मुझे सब पता है। मेरे पास तुझसे ज्यादा पैसे भी हैं और ज्यादा कनेक्शन भी। इसलिए कभी मत सोचना कि मैं डर जाऊंगा। 70-80 साल के बुजुर्ग को गोली मारकर क्या करेगा? सुनील शेट्टी ने बताया था कि उनके पास सुरक्षा थी, इसलिए पूरी बातचीत रिकॉर्ड हो गई। जब मुंबई पुलिस ने रिकॉर्डिंग सुनी तो उन्होंने सुनील को समझाया कि ऐसे गैंगस्टरों से बहस करना खतरनाक हो सकता है। पुलिस ने कहा कि ये लोग कभी-कभी नशे या गुस्से में रहते हैं और सिर्फ एक आदेश पर किसी पर भी हमला कर सकते हैं। हालांकि, सुनील शेट्टी का कहना था कि वह डेढ़ साल से चुप थे, लेकिन जब बात उनके पिता तक पहुंची तो वह खामोश नहीं रह सके। जूनियर आर्टिस्ट को मुख्यमंत्री जैसा तैयार करवाया था टीवी शो ‘जीना इसी का नाम है’ के दौरान एक्ट्रेस महिमा चौधरी ने बताया था कि सुनील शेट्टी सेट पर बहुत प्रैंक करते हैं। फिल्म 'ये तेरा घर ये मेरा घर' की शूटिंग के लिए जब महिमा चौधरी पहली बार आउटडोर शूट पर हैदराबाद पहुंचीं, तो सुनील शेट्टी ने उनके साथ मजेदार प्रैंक किया था। महिमा ने बताया था कि सुनील ने एक जूनियर आर्टिस्ट को बिल्कुल मुख्यमंत्री जैसा तैयार करवाया। उसके लिए खास कपड़े मंगवाए गए। वहां कई सफेद एंबेसडर कारों का काफिला था। पुलिस की गाड़ियां, कमांडो, वॉकी-टॉकी और पूरा वीआईपी इंतजाम था। महिमा को कुछ भी पता नहीं था। तभी सुनील ने उनसे कहा कि उन्हें एक अहम मीटिंग के लिए मुख्यमंत्री से मिलना है। उन्होंने महिमा से यह भी पूछा कि मीटिंग में इंडस्ट्री को लेकर क्या-क्या बातें करनी हैं। महिमा ने पूरी गंभीरता से मीटिंग की तैयारी शुरू कर दी और मुख्यमंत्री से मिलने के लिए तैयार होकर पहुंच गईं। इसके बाद कुछ जूनियर आर्टिस्ट चंद्रबाबू नायडू की जय के नारे लगाने लगे। जिसके बाद सब चिल्लाने लगे। इसके बाद सुनील ने कथित मुख्यमंत्री के पैर छुए, जिसके बाद महिमा ने भी झुककर नमस्कार किया था। बाद में यह प्रैंक निकला। महिमा चौधरी बोली थीं- सुनील शेट्टी ने कार में सांप रख दिया था वहीं महिमा ने इसी शो में कहा था कि शूटिंग के पहले ही दिन सुनील ने उनकी कार में सांप रख दिया था। वहीं, शो में सुनील का कहना था कि उन्होंने कार में सांप नहीं रखा था। सांप किसी तरह कार के बोनट के अंदर घुस गया था। सुनील ने बताया था कि उन्हें खुद सांपों से डर लगता है और अगर वह सांप देखते तो वहां से बहुत दूर भाग जाते। बाद में कपिल शर्मा के शो में सुनील ने बताया था कि महिमा आज भी यही मानती हैं कि उन्होंने ही कार में सांप रखा था।सुनील शेट्टी की फोटो से शरीर का हिस्सा लिया गया था साल 1998। उत्तर प्रदेश में कुख्यात गैंगस्टर श्रीप्रकाश शुक्ला पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ था। पुलिस और नई-नई बनी यूपी एसटीएफ उसकी तलाश में जुटी थी, लेकिन सबसे बड़ी मुश्किल थी- उसकी सही तस्वीर ही नहीं मिल रही थी। आईपीएस राजेश पांडे ने बताया था कि श्रीप्रकाश को भी इस बात की भनक लग चुकी थी कि पुलिस उसकी फोटो तलाश रही है। उसने अपने इलाके के फोटोग्राफर्स पर नजर रखनी शुरू कर दी। जिस फोटोग्राफर के बारे में उसे शक होता कि उसने उसकी तस्वीर पुलिस को दी है, उसे धमकाता था। एक फोटोग्राफर को तो दुकान से बाहर खींचकर सड़क पर गोली मार दी गई। इसके बाद इलाके में ऐसा खौफ फैला कि लोग श्रीप्रकाश की फोटो अपने पास रखने से भी डरने लगे। दूसरी तरफ एसटीएफ पर भी दबाव था। लोग सवाल उठाते थे कि जब पुलिस के पास उसकी तस्वीर तक नहीं है, तो उसे पकड़ेगी कैसे? इसी बीच एसटीएफ को मुखबिरों से पता चला कि श्रीप्रकाश कभी-कभी लखनऊ में अपनी बहन और बहनोई के घर आता है। टीम वहां पहुंची, लेकिन परिवार ने उसके बारे में कोई जानकारी देने से इनकार कर दिया। तभी घर में मौजूद उसकी छोटी भांजियों से बातचीत हुई। बच्चियों ने बताया कि उनके मामा उनकी बर्थडे पार्टी में आए थे और उनके पास उस दिन की तस्वीरें हैं। उन्होंने एक किताब में रखी कुछ तस्वीरें निकालकर पुलिस को दिखाईं। आखिरकार एसटीएफ को श्रीप्रकाश शुक्ला की असली तस्वीर मिल गई। लेकिन अब एक और समस्या थी। अगर उसकी असली तस्वीर उसी परिवार के घर से बाहर आती, तो श्रीप्रकाश को पता चल सकता था कि फोटो कहां से मिली और वह परिवार को नुकसान पहुंचा सकता था। एसटीएफ अधिकारियों ने ऐसा तरीका निकालने की सोची, जिससे तस्वीर का स्रोत कभी सामने न आए। लखनऊ के हजरतगंज इलाके में उस समय फिल्मी सितारों के पोस्टकार्ड और तस्वीरें मिलती थीं। वहां आईपीएस राजेश पांडे की नजर एक तस्वीर पर पड़ी, जिसमें एक्टर सुनील शेट्टी लगभग उसी तरह खड़े थे, जैसे श्रीप्रकाश शुक्ला एक ग्रुप फोटो में खड़ा था। फिर एक बेहद अनोखा जुगाड़ किया गया। सुनील शेट्टी की तस्वीर से शरीर का हिस्सा लिया गया और उस पर श्रीप्रकाश शुक्ला का चेहरा फिट कर दिया गया। तस्वीर को इस तरह तैयार किया गया कि देखने वाले को पहली नजर में यह श्रीप्रकाश शुक्ला की ही फोटो लगे। इस तरह श्रीप्रकाश शुक्ला की तस्वीर सार्वजनिक की गई थी। दिलचस्प बात यह थी कि बाद में जब किसी ने श्रीप्रकाश को फोन करके बताया कि उसकी फोटो अखबार में छपी है, तो उसने तस्वीर देखकर कहा कि उसने जिंदगी में वैसी डेनिम शर्ट पहनी ही नहीं और वो हैरान हो गया था। ………….. यह खबर भी पढ़ें… संजय दत्त@67-सलमान ने गिफ्ट की BMW, चाबी समुद्र में फेंकी:बिगड़ते देख इंदिरा गांधी बोलीं- बोर्डिंग स्कूल भेजो; राजेश खन्ना-ऋषि कपूर को पीटने पहुंचे थे साल 1994। मुंबई की ठाणे सेंट्रल जेल की सबसे कड़ी सुरक्षा वाली अंडा बैरक में बंद एक आरोपी रक्षाबंधन के दिन अपनी बहनों का इंतजार कर रहा था। लोहे की सलाखों के पीछे दोनों बहनों ने उसके हाथ पर राखी बांधी, लेकिन उस भाई की जेब पूरी तरह खाली थी। देने के लिए न कोई तोहफा था, न पैसे। कुछ पल तक वह चुप रहा। फिर जेल की कैंटीन से मिले दो-दो रुपए के चाय-नाश्ते के कूपन बहनों के हाथ में रख दिए और बोला, ‘मेरे पास फिलहाल यही है।’ पूरी खबर यहां पढ़ें…

दैनिक भास्कर 11 Aug 2026 8:45 am

सुनील शेट्टी@65: धमकी मिलने पर अंडरवर्ल्ड डॉन को गालियां दीं:को-एक्ट्रेस से मिलाने के लिए जूनियर आर्टिस्ट को नकली मुख्यमंत्री बनाया; अजय देवगन कहते हैं ‘दूधवाला’

90 का दशक। मुंबई में अंडरवर्ल्ड का खौफ ऐसा था कि बड़े-बड़े कारोबारी और फिल्म स्टार भी धमकी भरे फोन से घबरा जाते थे। इसी दौर में एक बॉलीवुड एक्टर को भी लगातार धमकी वाले फोन आ रहे थे। करीब डेढ़ साल तक धमकियों का सिलसिला चलता रहा, लेकिन एक दिन बात हद से आगे बढ़ गई। फोन करने वाले गैंगस्टर ने धमकी दी कि वह एक्टर के पिता को गोली मार देगा। बेटे ने अब तक धमकी को नजरअंदाज किया था, लेकिन पिता को धमकी मिलते ही उसका सब्र टूट गया। उसने गैंगस्टर को ही उसी की भाषा में जवाब दिया, गालियां दीं और कहा- मेरे पास तुझसे ज्यादा पैसे भी हैं और ज्यादा कनेक्शन भी। इसलिए कभी मत सोचना कि मैं डर जाऊंगा। यह एक्टर थे बॉलीवुड के ‘अन्ना’ यानी सुनील शेट्टी और गैंगस्टर था हेमंत पुजारी। आज सुनील शेट्टी के 65वें जन्मदिन पर जानते हैं उनकी जिंदगी के कुछ ऐसे अनसुने किस्से 15 साल की उम्र में पुलिस को ट्रेनिंग दी सुनील शेट्टी ने लल्लनटॉप को दिए इंटरव्यू में बताया था कि जब वह 13-14 साल के थे, तब ब्रूस ली की फिल्मों से इतने प्रभावित हुए कि उन्होंने मार्शल आर्ट सीखने का फैसला कर लिया। सुनील ने बताया था कि उस दौर में वह क्रिकेट भी खेलते थे, लेकिन खुद को और मजबूत और फुर्तीला बनाने के लिए उन्होंने मार्शल आर्ट्स की ट्रेनिंग शुरू की। लगातार मेहनत और समर्पण का नतीजा यह हुआ कि महज 15 साल की उम्र में उनके सेंसेई (टीचर) ने उन्हें दूसरे छात्रों को ट्रेनिंग देने की जिम्मेदारी सौंप दी। इसके बाद भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP) के जवान भी उनसे ट्रेनिंग लेने आने लगे। इतना ही नहीं, वह महाराष्ट्र पुलिस के जवानों को भी फिटनेस और रनिंग की ट्रेनिंग देते थे। सुनील ने बताया था कि वह जवानों के साथ 20 से 30 किलोमीटर तक दौड़ लगाते थे और रेत व पानी में कठिन अभ्यास करवाते थे। पहली फिल्म के पोस्टर खुद सड़कों पर चिपकाए थे सुनील शेट्टी की पहली फिल्म 'आरजू' लगभग 90-95 प्रतिशत शूट होने के बाद बंद हो गई। इसके बाद दूसरी फिल्म भी शुरू होकर रुक गई। लगातार दो प्रोजेक्ट ठप होने के बाद आखिरकार उन्हें 'बलवान' से बॉलीवुड में डेब्यू करने का मौका मिला। फिल्म 'बलवान' के समय इतना बड़ा प्रमोशन बजट नहीं था। इसलिए वह खुद अपने रेस्टोरेंट के कर्मचारियों के साथ मुंबई की सड़कों पर फिल्म के पोस्टर चिपकाते थे। लल्लनटॉप को दिए इंटरव्यू में सुनील ने बताया था कि बलवान बॉक्स ऑफिस पर सफल रही। दर्शकों ने फिल्म पसंद की, लेकिन कुछ फिल्म समीक्षकों ने उनकी एक्टिंग की जमकर आलोचना की। एक मशहूर समीक्षक ने अपने रिव्यू में उन्हें ‘वुडन डोरनॉब’ तक कह दिया था। इतना ही नहीं, उसने यह भी लिख दिया कि सुनील शेट्टी को फिल्मों में काम करने की बजाय अपने रेस्टोरेंट में वापस जाकर इडली-वड़ा बेचना चाहिए। चुनाव प्रचार को लेकर सुनील दत्त ने नाराजगी जताई थी पिछले साल द ग्रेट इंडियन कपिल शो में सुनील शेट्टी ने बताया था कि एक बार संजय दत्त अपने एक दोस्त के कहने पर चुनाव प्रचार के लिए तैयार हो गए। हालांकि, मजेदार बात यह थी कि जिस नेता के लिए वे प्रचार करने जा रहे थे, वह विपक्षी पार्टी से था और वह उनके पिता सुनील दत्त के खिलाफ चुनाव लड़ रहा था। इस पर संजय दत्त ने मुस्कुराते हुए सफाई दी थी, ‘मैं भूल गया था।’ सुनील शेट्टी ने आगे बताया था कि बाद में संजय की जगह उन्हें प्रचार के लिए भेजा गया। जब यह बात सुनील दत्त को पता चली तो उन्होंने सुनील शेट्टी को घर बुलाकर कहा, ‘बेटा, मैं आपकी दोस्ती समझता हूं, लेकिन मेरे बारे में भी सोचना चाहिए था।’ इस पर सुनील शेट्टी ने कहा था कि उस समय उनके मन में बस एक ही बात आई थी- ‘आपके बेटे ने नहीं सोचा, मैं क्या सोचूं!’ सास के कहने पर फिल्म ‘बॉर्डर’ में काम किया 'बॉर्डर' सुनील शेट्टी की सबसे फेमस फिल्मों में गिनी जाती है। हालांकि, सुनील ने शुरुआत में इस फिल्म में काम करने से साफ इनकार कर दिया था। लल्लनटॉप को दिए एक इंटरव्यू में सुनील शेट्टी ने बताया कि उस समय फिल्म इंडस्ट्री में जेपी दत्ता की एक अलग ही इमेज थी। लोग कहते थे कि वह शूटिंग के दौरान बेहद रूड रहते हैं और कलाकारों को डांटने या गुस्सा करने से भी नहीं हिचकिचाते। यह सब सुनकर सुनील ने मन बना लिया था कि ऐसे डायरेक्टर के साथ काम नहीं करेंगे। उन्हें लगा कि अगर किसी ने सेट पर बेइज्जती की या गाली दी, तो उनके लिए काम करना मुश्किल हो जाएगा। इसलिए उन्होंने फिल्म करने से मना कर दिया। इसी बीच उनकी सास ने उन्हें समझाया कि किसी की बातों पर भरोसा करने से पहले खुद फिल्म की कहानी सुननी चाहिए। सास के कहने पर सुनील की जेपी दत्ता से मुलाकात हुई। उन्होंने फिल्म की कहानी सुनी और आखिरकार फिल्म बॉर्डर के लिए हां कर दी थी। कारगिल में घायल जवान से मिलकर रो पड़े थे सुनील शेट्टी 'बॉर्डर' की सफलता के बाद सुनील शेट्टी कारगिल युद्ध के दौरान फॉरवर्ड बेस और सैन्य अस्पताल पहुंचे थे। वहां उनकी मुलाकात 19 साल के एक जवान से हुई, जिसने युद्ध में अपना एक हाथ गंवा दिया था। सुनील को देखते ही जवान बोला, भैरव सिंह जी, मेरा एक हाथ चला गया... मुझे वापस भेज दो, दुश्मनों को खत्म करना है। यह सुनकर सुनील की आंखें भर आईं। लेकिन जवान के माता-पिता ने उन्हें ही ढांढस बंधाया और कहा, रोना मत बेटा, उसने देश के लिए हाथ खोया है। छोटा बेटा भी फौज में जाएगा। सुनील ने कहा था, उसी दिन उन्हें समझ आया कि भारतीय सेना का जज्बा आम लोगों से बिल्कुल अलग होता है। अक्षय और सुनील को अजय देवगन कहते हैं 'दूधवाला' सुनील शेट्टी सालों से रात 10–10:30 बजे तक सो जाते हैं और सुबह 5:30 बजे जिम पहुंच जाते हैं। उनकी यह दिनचर्या कभी नहीं बदली। इसी आदत को लेकर अजय देवगन अक्सर उनकी और अक्षय कुमार की खिंचाई करते हैं। सुनील ने लल्लनटॉप को दिए इंटरव्यू में बताया था, अजय देवगन अक्सर कहते हैं फिल्म इंडस्ट्री में दो ही दूधवाले हैं—एक अक्षय कुमार और दूसरा सुनील शेट्टी। सुबह-सुबह ऐसा लगता है जैसे यही दोनों दूध की सप्लाई करने निकलते हैं। अंडरवर्ल्ड की धमकी पर गैंगस्टर को ही दे डाली चुनौती 90 के दशक में सुनील शेट्टी को अंडरवर्ल्ड से धमकियां मिली थीं। सुनील शेट्टी ने बताया था कि उस समय उनका सरनेम 'शेट्टी' होने की वजह से अंडरवर्ल्ड को लगता था कि उन्हें डराकर बाकी शेट्टी कारोबारियों से भी हफ्ता वसूला जा सकता है। गैंगस्टर हेमंत पुजारी और उसके लोग लगातार उनके घर, ऑफिस और मैनेजर के पास फोन कर धमकियां देते थे। यह सिलसिला करीब डेढ़ साल तक चलता रहा। एक दिन हेमंत पुजारी ने फोन कर धमकी दी कि वह सुबह वॉक पर जाने वाले सुनील शेट्टी के पिता को गोली मार देगा। यह सुनकर सुनील शेट्टी अपना आपा खो बैठे। उन्होंने गैंगस्टर को उसी की भाषा में जवाब दिया। सुनील ने उससे कहा, तेरे बारे में जितनी जानकारी तेरे पास है, उससे ज्यादा मेरे पास है। तेरी बहनें कहां रहती हैं, तेरे भाई कहां हैं, तेरे रिश्तेदार कहां हैं... मुझे सब पता है। मेरे पास तुझसे ज्यादा पैसे भी हैं और ज्यादा कनेक्शन भी। इसलिए कभी मत सोचना कि मैं डर जाऊंगा। 70-80 साल के बुजुर्ग को गोली मारकर क्या करेगा? सुनील शेट्टी ने बताया था कि उनके पास सुरक्षा थी, इसलिए पूरी बातचीत रिकॉर्ड हो गई। जब मुंबई पुलिस ने रिकॉर्डिंग सुनी तो उन्होंने सुनील को समझाया कि ऐसे गैंगस्टरों से बहस करना खतरनाक हो सकता है। पुलिस ने कहा कि ये लोग कभी-कभी नशे या गुस्से में रहते हैं और सिर्फ एक आदेश पर किसी पर भी हमला कर सकते हैं। हालांकि, सुनील शेट्टी का कहना था कि वह डेढ़ साल से चुप थे, लेकिन जब बात उनके पिता तक पहुंची तो वह खामोश नहीं रह सके। जूनियर आर्टिस्ट को मुख्यमंत्री जैसा तैयार करवाया था टीवी शो ‘जीना इसी का नाम है’ के दौरान एक्ट्रेस महिमा चौधरी ने बताया था कि सुनील शेट्टी सेट पर बहुत प्रैंक करते हैं। फिल्म 'ये तेरा घर ये मेरा घर' की शूटिंग के लिए जब महिमा चौधरी पहली बार आउटडोर शूट पर हैदराबाद पहुंचीं, तो सुनील शेट्टी ने उनके साथ मजेदार प्रैंक किया था। महिमा ने बताया था कि सुनील ने एक जूनियर आर्टिस्ट को बिल्कुल मुख्यमंत्री जैसा तैयार करवाया। उसके लिए खास कपड़े मंगवाए गए। वहां कई सफेद एंबेसडर कारों का काफिला था। पुलिस की गाड़ियां, कमांडो, वॉकी-टॉकी और पूरा वीआईपी इंतजाम था। महिमा को कुछ भी पता नहीं था। तभी सुनील ने उनसे कहा कि उन्हें एक अहम मीटिंग के लिए मुख्यमंत्री से मिलना है। उन्होंने महिमा से यह भी पूछा कि मीटिंग में इंडस्ट्री को लेकर क्या-क्या बातें करनी हैं। महिमा ने पूरी गंभीरता से मीटिंग की तैयारी शुरू कर दी और मुख्यमंत्री से मिलने के लिए तैयार होकर पहुंच गईं। इसके बाद कुछ जूनियर आर्टिस्ट चंद्रबाबू नायडू की जय के नारे लगाने लगे। जिसके बाद सब चिल्लाने लगे। इसके बाद सुनील ने कथित मुख्यमंत्री के पैर छुए, जिसके बाद महिमा ने भी झुककर नमस्कार किया था। बाद में यह प्रैंक निकला। महिमा चौधरी बोली थीं- सुनील शेट्टी ने कार में सांप रख दिया था वहीं महिमा ने इसी शो में कहा था कि शूटिंग के पहले ही दिन सुनील ने उनकी कार में सांप रख दिया था। वहीं, शो में सुनील का कहना था कि उन्होंने कार में सांप नहीं रखा था। सांप किसी तरह कार के बोनट के अंदर घुस गया था। सुनील ने बताया था कि उन्हें खुद सांपों से डर लगता है और अगर वह सांप देखते तो वहां से बहुत दूर भाग जाते। बाद में कपिल शर्मा के शो में सुनील ने बताया था कि महिमा आज भी यही मानती हैं कि उन्होंने ही कार में सांप रखा था।सुनील शेट्टी की फोटो से शरीर का हिस्सा लिया गया था साल 1998। उत्तर प्रदेश में कुख्यात गैंगस्टर श्रीप्रकाश शुक्ला पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ था। पुलिस और नई-नई बनी यूपी एसटीएफ उसकी तलाश में जुटी थी, लेकिन सबसे बड़ी मुश्किल थी- उसकी सही तस्वीर ही नहीं मिल रही थी। आईपीएस राजेश पांडे ने बताया था कि श्रीप्रकाश को भी इस बात की भनक लग चुकी थी कि पुलिस उसकी फोटो तलाश रही है। उसने अपने इलाके के फोटोग्राफर्स पर नजर रखनी शुरू कर दी। जिस फोटोग्राफर के बारे में उसे शक होता कि उसने उसकी तस्वीर पुलिस को दी है, उसे धमकाता था। एक फोटोग्राफर को तो दुकान से बाहर खींचकर सड़क पर गोली मार दी गई। इसके बाद इलाके में ऐसा खौफ फैला कि लोग श्रीप्रकाश की फोटो अपने पास रखने से भी डरने लगे। दूसरी तरफ एसटीएफ पर भी दबाव था। लोग सवाल उठाते थे कि जब पुलिस के पास उसकी तस्वीर तक नहीं है, तो उसे पकड़ेगी कैसे? इसी बीच एसटीएफ को मुखबिरों से पता चला कि श्रीप्रकाश कभी-कभी लखनऊ में अपनी बहन और बहनोई के घर आता है। टीम वहां पहुंची, लेकिन परिवार ने उसके बारे में कोई जानकारी देने से इनकार कर दिया। तभी घर में मौजूद उसकी छोटी भांजियों से बातचीत हुई। बच्चियों ने बताया कि उनके मामा उनकी बर्थडे पार्टी में आए थे और उनके पास उस दिन की तस्वीरें हैं। उन्होंने एक किताब में रखी कुछ तस्वीरें निकालकर पुलिस को दिखाईं। आखिरकार एसटीएफ को श्रीप्रकाश शुक्ला की असली तस्वीर मिल गई। लेकिन अब एक और समस्या थी। अगर उसकी असली तस्वीर उसी परिवार के घर से बाहर आती, तो श्रीप्रकाश को पता चल सकता था कि फोटो कहां से मिली और वह परिवार को नुकसान पहुंचा सकता था। एसटीएफ अधिकारियों ने ऐसा तरीका निकालने की सोची, जिससे तस्वीर का स्रोत कभी सामने न आए। लखनऊ के हजरतगंज इलाके में उस समय फिल्मी सितारों के पोस्टकार्ड और तस्वीरें मिलती थीं। वहां आईपीएस राजेश पांडे की नजर एक तस्वीर पर पड़ी, जिसमें एक्टर सुनील शेट्टी लगभग उसी तरह खड़े थे, जैसे श्रीप्रकाश शुक्ला एक ग्रुप फोटो में खड़ा था। फिर एक बेहद अनोखा जुगाड़ किया गया। सुनील शेट्टी की तस्वीर से शरीर का हिस्सा लिया गया और उस पर श्रीप्रकाश शुक्ला का चेहरा फिट कर दिया गया। तस्वीर को इस तरह तैयार किया गया कि देखने वाले को पहली नजर में यह श्रीप्रकाश शुक्ला की ही फोटो लगे। इस तरह श्रीप्रकाश शुक्ला की तस्वीर सार्वजनिक की गई थी। दिलचस्प बात यह थी कि बाद में जब किसी ने श्रीप्रकाश को फोन करके बताया कि उसकी फोटो अखबार में छपी है, तो उसने तस्वीर देखकर कहा कि उसने जिंदगी में वैसी डेनिम शर्ट पहनी ही नहीं और वो हैरान हो गया था। ………….. यह खबर भी पढ़ें… संजय दत्त@67-सलमान ने गिफ्ट की BMW, चाबी समुद्र में फेंकी:बिगड़ते देख इंदिरा गांधी बोलीं- बोर्डिंग स्कूल भेजो; राजेश खन्ना-ऋषि कपूर को पीटने पहुंचे थे साल 1994। मुंबई की ठाणे सेंट्रल जेल की सबसे कड़ी सुरक्षा वाली अंडा बैरक में बंद एक आरोपी रक्षाबंधन के दिन अपनी बहनों का इंतजार कर रहा था। लोहे की सलाखों के पीछे दोनों बहनों ने उसके हाथ पर राखी बांधी, लेकिन उस भाई की जेब पूरी तरह खाली थी। देने के लिए न कोई तोहफा था, न पैसे। कुछ पल तक वह चुप रहा। फिर जेल की कैंटीन से मिले दो-दो रुपए के चाय-नाश्ते के कूपन बहनों के हाथ में रख दिए और बोला, ‘मेरे पास फिलहाल यही है।’ पूरी खबर यहां पढ़ें…

दैनिक भास्कर 11 Aug 2026 4:30 am

2 करोड़ में बनी Hanuman Ansh की कमाई में साढ़े तीन गुना उछाल, संडे का बॉक्स ऑफिस कलेक्शन कर देगा हैरान

Hanuman Ansh Box Office Collection: नीब करौरी बाबा पर बेस्ड फिल्म हनुमान अंश के बॉक्स ऑफिस कलेक्शन में तीसरे दिन 250 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है।

जागरण 10 Aug 2026 6:50 pm

सलमान खान और संजय दत्त फिर साथ दिखेंगे:दोनों की फिल्म '7 डॉग्स' 21 अगस्त को भारत में होगी रिलीज; रियाद में कर चुके शूटिंग

बॉलीवुड स्टार सलमान खान और संजय दत्त की इंटरनेशनल एक्शन थ्रिलर फिल्म '7 डॉग्स' भारत के सिनेमाघरों में रिलीज होने के लिए तैयार है। सलमान खान ने सोशल मीडिया पर जानकारी दी है कि यह फिल्म 21 अगस्त को भारतीय थिएटर्स में लगेगी। फिल्म का निर्देशन बिलाल फल्लाह और आदिल एल अरबी ने किया है। इस फिल्म में मिस्र के स्टार्स करीम अब्दुल-अजीज और अहमद एज मुख्य भूमिकाओं में हैं, जबकि सलमान खान और संजय दत्त कैमियो रोल में नजर आएंगे। यह फिल्म इस साल की शुरुआत में मिडिल ईस्ट के देशों में रिलीज हो चुकी है। टीजर में दिखा था दोनों अभिनेताओं का अंदाजफिल्म '7 डॉग्स' का टीजर पिछले साल जारी किया गया था। टीजर की शुरुआत में संजय दत्त हाथ में बंदूक लिए नजर आए थे। वहीं टीजर के आखिरी हिस्से में सलमान खान सूट-बूट में दिखे थे। दोनों अभिनेताओं के टीजर में आने के बाद से ही भारतीय दर्शकों के बीच इस फिल्म को लेकर चर्चा थी। रियाद में हुई थी तीन दिन की शूटिंगइस फिल्म को सऊदी अरब की जनरल एंटरटेनमेंट अथॉरिटी के चेयरमैन तुर्की अल-शेख ने प्रोड्यूस किया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, सलमान खान और संजय दत्त के तुर्की अल-शेख के साथ अच्छे संबंध हैं। इसी वजह से दोनों इस फिल्म में कैमियो करने के लिए तैयार हुए थे। इस रोल की शूटिंग के लिए सलमान और संजय पिछले साल फरवरी में सऊदी अरब की राजधानी रियाद गए थे। वहां दोनों ने तीन दिनों के शेड्यूल में अपने सीन शूट किए थे। ड्रग सिंडिकेट और इंटरपोल अफसर की है कहानीवैराइटी की रिपोर्ट के मुताबिक, फिल्म की कहानी '7 डॉग्स' नाम के एक ग्लोबल क्राइम सिंडिकेट के इर्द-गिर्द घूमती है। इसमें इंटरपोल अफसर खालिद अल-अज्जाजी इस सिंडिकेट के बड़े लीडर घाली अबू दाऊद को गिरफ्तार कर लेता है। एक साल बाद जब यह सिंडिकेट मिडिल ईस्ट में 'पिंक लेडी' नाम की नई ड्रग्स की तस्करी शुरू करता है, तो खालिद को मजबूरी में घाली की मदद लेनी पड़ती है। घाली ही अकेला ऐसा शख्स है जो इस सिंडिकेट के काम करने के तरीके को अच्छी तरह जानता है। 'साजन' से लेकर 'ओल्ड मनी' तक साथ काम कियासलमान खान और संजय दत्त की ऑनस्क्रीन जोड़ी को दर्शक लंबे समय से पसंद करते रहे हैं। दोनों ने 1991 में आई फिल्म 'साजन' में पहली बार साथ काम किया था। इसके बाद 2000 में आई फिल्म 'चल मेरे भाई' और 2002 की फिल्म 'ये है जलवा' में भी दोनों साथ नजर आए। पिछले साल दोनों इंडो-कनाडियन रैपर एपी ढिल्लों के म्यूजिक वीडियो 'ओल्ड मनी' में भी एक साथ दिखे थे।

दैनिक भास्कर 10 Aug 2026 4:03 pm

कफन साथ लेकर चलते हैं सिंगर लकी अली:लाइव कॉन्सर्ट में भावुक होकर कहा- जहां मरूं, वहीं जाने देना, मैंने मौत को स्वीकार कर लिया है

सिंगर लकी अली हाल ही में लाइव परफॉर्मेंस के दौरान मौत पर बात करते हुए भावुक हो गए। 67 साल के लकी अली ने बताया कि वह मौत के लिए तैयार रहते हैं और सफर के दौरान अपना कफन का कपड़ा साथ रखते हैं। ऑडियंस से बातचीत के दौरान लकी अली ने भावुक होकर कहा, “मुझे पता है, मैं भी आप सभी से प्यार करता हूं। एक दिन हम सभी को जाना है। मैं आपको इसके लिए तैयार नहीं कर रहा, लेकिन मैं खुद तैयार हूं। जब भी मैं सफर करता हूं, अपना इहराम साथ लेकर चलता हूं, जो मेरा कफन है। मैं जहां भी मरूं, मुझे वहीं से जाने देना।” वीडियो देख भावुक हुए फैंस लकी अली ने ऑफिशियल सोशल मीडिया अकाउंट से कॉन्सर्ट का ये वीडियो शेयर किया। इसके बाद फैंस ने कमेंट सेक्शन में उनके लिए प्यार और चिंता जाहिर की। लकी अली अपनी अलग आवाज और मशहूर गानों के लिए पहचाने जाते हैं। उन्होंने कई बॉलीवुड फिल्मों के लिए अपनी आवाज दी। इनमें ‘कहो ना... प्यार है’, ‘युवा’, ‘बचना ऐ हसीनो’, ‘अंजाना अंजानी’ और ‘तमाशा’ शामिल हैं। 2015 में बॉलीवुड से लिया संन्यास, कहा- मेरे साथ गलत व्यवहार हुआ पिछले साल नवभारत टाइम्स को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कहा, “एक समय था, जब मैं फिल्मों में अभिनय करता था और गाने गाता था, लेकिन बाद में मुझे समझ नहीं आया कि आगे क्या करना है। मैं अपने अंदाज में गाना चाहता था। आजादी की इसी तलाश से ‘ओ सनम’ बना।” उन्होंने आगे कहा, “2015 में मैंने इंडस्ट्री से दूरी बना ली। लोगों ने मेरे साथ गलत व्यवहार किया था, लेकिन मैं उनकी नकारात्मकता की वजह से दूर नहीं हुआ। मुझे एक जैसी चीजों से ऊब हो गई थी। पिता की मौत के बाद मुझे लगा कि वहां मेरे लिए कुछ नहीं बचा है। मेरे दोस्त भी नहीं थे।” तीन शादियां कर चुके हैं लकी अली लकी अली की तीन शादियां हुई हैं। उनकी पहली शादी मेगन जेन मैक्लियरी से हुई थी। दोनों के दो बच्चे हैं। इसके बाद उन्होंने ईरान की रहने वाली इनाया से शादी की। दोनों के भी दो बच्चे हैं। 2010 में लकी अली ने ब्रिटिश मॉडल और पूर्व ब्यूटी क्वीन केट एलिजाबेथ हॉलम से शादी की। दोनों का एक बेटा है। 2017 में उनका तलाक हो गया। अपनी शादियों और रिश्तों के बारे में लकी अली ने पहले कहा था, “आपको एक ही साथी के साथ जिंदगी शुरू और खत्म करने की जरूरत नहीं है। मैंने तीन शादियां कीं और हर बार अलग देश में कीं। हर स्थिति अलग थी।” उन्होंने कहा, “मेरे पिता (महमूद) ने भी भारत से बाहर शादी की थी, इसलिए हमारे घर का माहौल काफी ग्लोबल था। मेरी कोई भी शादी नहीं चली, लेकिन मेरे सभी रिश्ते आज भी कायम हैं।” लकी अली ने आगे कहा, “हम साथ नहीं रहते, लेकिन हमेशा एक-दूसरे के लिए मौजूद रहते हैं। मैं हमेशा अपने बच्चों के प्रति जिम्मेदार रहा हूं। मेरा मानना है कि बच्चों की परवरिश का सही तरीका सिर्फ प्यार है। बच्चे वही सीखते हैं, जो वे अपने माता-पिता को करते हुए देखते हैं।”

दैनिक भास्कर 10 Aug 2026 2:55 pm

कफन साथ लेकर चलते हैं सिंगर अली अली:लाइव कॉन्सर्ट में भावुक होकर कहा- जहां मरूं, वहीं जाने देना, मैंने मौत को स्वीकार कर लिया है

सिंगर लकी अली हाल ही में लाइव परफॉर्मेंस के दौरान मौत पर बात करते हुए भावुक हो गए। 67 साल के लकी अली ने बताया कि वह मौत के लिए तैयार रहते हैं और सफर के दौरान अपना कफन का कपड़ा साथ रखते हैं। ऑडियंस से बातचीत के दौरान लकी अली ने भावुक होकर कहा, “मुझे पता है, मैं भी आप सभी से प्यार करता हूं। एक दिन हम सभी को जाना है। मैं आपको इसके लिए तैयार नहीं कर रहा, लेकिन मैं खुद तैयार हूं। जब भी मैं सफर करता हूं, अपना इहराम साथ लेकर चलता हूं, जो मेरा कफन है। मैं जहां भी मरूं, मुझे वहीं से जाने देना।” वीडियो देख भावुक हुए फैंस लकी अली ने ऑफिशियल सोशल मीडिया अकाउंट से कॉन्सर्ट का ये वीडियो शेयर किया। इसके बाद फैंस ने कमेंट सेक्शन में उनके लिए प्यार और चिंता जाहिर की। लकी अली अपनी अलग आवाज और मशहूर गानों के लिए पहचाने जाते हैं। उन्होंने कई बॉलीवुड फिल्मों के लिए अपनी आवाज दी। इनमें ‘कहो ना... प्यार है’, ‘युवा’, ‘बचना ऐ हसीनो’, ‘अंजाना अंजानी’ और ‘तमाशा’ शामिल हैं। 2015 में बॉलीवुड से लिया संन्यास, कहा- मेरे साथ गलत व्यवहार हुआ पिछले साल नवभारत टाइम्स को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कहा, “एक समय था, जब मैं फिल्मों में अभिनय करता था और गाने गाता था, लेकिन बाद में मुझे समझ नहीं आया कि आगे क्या करना है। मैं अपने अंदाज में गाना चाहता था। आजादी की इसी तलाश से ‘ओ सनम’ बना।” उन्होंने आगे कहा, “2015 में मैंने इंडस्ट्री से दूरी बना ली। लोगों ने मेरे साथ गलत व्यवहार किया था, लेकिन मैं उनकी नकारात्मकता की वजह से दूर नहीं हुआ। मुझे एक जैसी चीजों से ऊब हो गई थी। पिता की मौत के बाद मुझे लगा कि वहां मेरे लिए कुछ नहीं बचा है। मेरे दोस्त भी नहीं थे।” तीन शादियां कर चुके हैं लकी अली लकी अली की तीन शादियां हुई हैं। उनकी पहली शादी मेगन जेन मैक्लियरी से हुई थी। दोनों के दो बच्चे हैं। इसके बाद उन्होंने ईरान की रहने वाली इनाया से शादी की। दोनों के भी दो बच्चे हैं। 2010 में लकी अली ने ब्रिटिश मॉडल और पूर्व ब्यूटी क्वीन केट एलिजाबेथ हॉलम से शादी की। दोनों का एक बेटा है। 2017 में उनका तलाक हो गया। अपनी शादियों और रिश्तों के बारे में लकी अली ने पहले कहा था, “आपको एक ही साथी के साथ जिंदगी शुरू और खत्म करने की जरूरत नहीं है। मैंने तीन शादियां कीं और हर बार अलग देश में कीं। हर स्थिति अलग थी।” उन्होंने कहा, “मेरे पिता (महमूद) ने भी भारत से बाहर शादी की थी, इसलिए हमारे घर का माहौल काफी ग्लोबल था। मेरी कोई भी शादी नहीं चली, लेकिन मेरे सभी रिश्ते आज भी कायम हैं।” लकी अली ने आगे कहा, “हम साथ नहीं रहते, लेकिन हमेशा एक-दूसरे के लिए मौजूद रहते हैं। मैं हमेशा अपने बच्चों के प्रति जिम्मेदार रहा हूं। मेरा मानना है कि बच्चों की परवरिश का सही तरीका सिर्फ प्यार है। बच्चे वही सीखते हैं, जो वे अपने माता-पिता को करते हुए देखते हैं।”

दैनिक भास्कर 10 Aug 2026 2:55 pm

एआर रहमान के बेटे का कार एक्सीडेंट हुआ:चेन्नई में पोर्श और वैगन-आर टकराईं, अमीन को मामूली चोट; पुलिस ने दोनों गाड़ियां जब्त कीं

संगीतकार एआर रहमान के बेटे और सिंगर एआर अमीन सोमवार सुबह चेन्नई में एक सड़क हादसे का शिकार हो गए। गिंडी इलाके में ओलंपिया टेक पार्क सिग्नल के पास उनकी लग्जरी पोर्श कार एक वैगन-आर से टकरा गई। इस हादसे में 23 साल के अमीन और उनके दोस्त को मामूली चोटें आईं। पुलिस के मुताबिक, दोनों को तुरंत पास के कावेरी अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के बाद उन्हें छुट्टी दे दी गई। दूसरी कार के घायल सवारी को भी प्राथमिक उपचार के बाद अस्पताल से छुट्टी मिल गई है। सुबह 3:30 बजे हुआ हादसा, पुलिस ने गाड़ियां जब्त कींन्यूज 18 की रिपोर्ट के अनुसार यह घटना सोमवार तड़के करीब 3:30 बजे हुई। हादसे के समय अमीन की पोर्श कार में उनका दोस्त भी मौजूद था। एक सिंगल साइड रोड से मुख्य सड़क पर आई रैपिडो वैगन-आर अचानक पोर्श से टकरा गई। टक्कर के बाद वैगन-आर में सवार यात्री भी घायल हो गया था, जिसे कलाईगनार सेंटेनरी सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल ले जाया गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर दोनों गाड़ियों को जब्त कर लिया है और घटना की जांच शुरू कर दी है। पोर्श कार से हुआ हादसाहादसे में शामिल पोर्श मॉडल की आधिकारिक पहचान सार्वजनिक नहीं की गई है। हालांकि, रहमान परिवार के पास पहले से एक इलेक्ट्रिक पोर्श टायकन मौजूद है। साल 2022 में एआर रहमान ने अपनी बेटियों खतीजा रहमान और रहीमा रहमान के साथ 'ARR Studios' नंबर प्लेट वाली इस कार की तस्वीर शेयर की थी। इस लग्जरी कार की कीमत लगभग 1.53 करोड़ रुपए बताई गई थी। एआर रहमान के कार कलेक्शन में 3 करोड़ रुपए की वोल्वो एसयूवी, मर्सिडीज-बेंज और 1 करोड़ रुपए से अधिक कीमत की जगुआर भी शामिल हैं। पिता की संगीत विरासत आगे बढ़ा रहे हैं अमीन23 साल के एआर अमीन अपने पिता की तरह म्यूजिक इंडस्ट्री में पहचान बना रहे हैं। वे एक प्लेबैक सिंगर हैं। अमीन ने हाल ही में राम चरण की फिल्म 'पेद्दी' के गाने 'चिकिरी चिकिरी' के तमिल वर्जन में अपनी आवाज दी है। इसके अलावा वे जसलीन रॉयल, दुलकर सलमान और मृणाल ठाकुर के साथ इंडिपेंडेंट सॉन्ग 'भीगी भीगी' में भी नजर आ चुके हैं। ‘रामायणम्’ में व्यस्त हैं एआर रहमानदूसरी ओर, ऑस्कर विजेता संगीतकार एआर रहमान इन दिनों कई बड़े प्रोजेक्ट्स पर काम कर रहे हैं। वे ‘गांधी टॉक्स’, ‘पेद्दी’ और ‘मैं वापस आऊंगा’ के बाद अब ‘रामायणम्’ के संगीत में व्यस्त हैं। इसके साथ ही 14 अगस्त को रिलीज हो रही फिल्म ‘बंटवारा 1947’ का म्यूजिक भी उन्होंने ही कंपोज किया है। रहमान ने 1992 में फिल्म 'रोजा' से अपने करियर की शुरुआत की थी। वे 2 ऑस्कर, 2 ग्रैमी, 1 बाफ्टा और 1 गोल्डन ग्लोब अवॉर्ड जीत चुके हैं।

दैनिक भास्कर 10 Aug 2026 2:27 pm

कामयाबी के लिए अपनों को बदनाम करना गलत:पत्नी सुनीता के अफेयर के आरोपों पर गोविंदा बोले- दूरी बनाने के लिए बुराई करना जरूरी नहीं

गोविंदा ने पत्नी सुनीता आहूजा के उन आरोपों पर जवाब दिया है, जिनमें उन्होंने उनके कई अफेयर्स की बात कही थी। गोविंदा ने कहा कि सुनिता सार्वजनिक तौर पर उनके बारे में नकारात्मक बातें कर स्टारडम हासिल कर रही हैं। साथ ही एक्टर ने कहा कि क्या आपको कामयाबी के लिए दूसरों को बदनाम करना जरूरी है। ANI से बातचीत में सुनीता के कई लड़कियों से अफेयर के दावों पर गोविंदा ने कहा, “वह मुझे बहुत प्यार से गाली देती हैं और मैं उनके हाथ से खाता भी हूं। मुझे लगता है कि जो लोग जहां हैं और भगवान ने उन्हें जो भी भूमिका दी है, अगर वो वहां नहीं होते हम कामयाब नहीं हो सकते थे।” गोविंदा बोले- दूरी बनाने के लिए आरोप लगाना जरूरी नहीं गोविंदा ने इशारा किया कि उनके बारे में खुलकर बोलने के बाद सुनीता को स्टारडम मिला। उन्होंने कहा, “बहुत सी बातें ऐसी होती हैं, जो बयां नहीं की जातीं। क्या दूरी बनाने के लिए आरोप लगाने की जरूरत है क्या? लेकिन लोग मानते हैं कि ये निकलने का आसान रास्ता है।” उन्होंने सवाल किया, “कामयाबी के लिए अपने ही लोगों की बुराई जरूरी है क्या? यह थोड़ा आसान है। सुनीता तारीफ करती है फिर एक बुराई करती है। मुझे इसमें ज्यादा प्यार दिखाई देता है।” सुनीता ने कहा था- गोविंदा के कई अफेयर्स रहे सुनीता आहूजा हाल ही में ‘लॉक अप 2’ की कंटेस्टेंट बनी थीं। शो के दौरान उन्होंने गोविंदा के कथित अफेयर्स पर बात की थी। उन्होंने कहा था, “प्यार में आपको हर चीज सहन करने में सक्षम होना चाहिए। चीची (गोविंदा) के जवानी में कई अफेयर्स रहे हैं। तब मैंने नजरअंदाज किया था, लेकिन अब नहीं करूंगी। एक्ट्रेस कोमल के साथ स्पॉट हुए गोविंदा, सुनीता ने कहा था- कोमल से नफरत है सुनीता आहूजा कई मौकों पर गोविंदा पर एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर और धोखा देने के आरोप लगा चुकी हैं। अफेयर रूमर्स के बीच गोविंदा एक्ट्रेस कोमल रानी स्वर्णकर के साथ एयरपोर्ट पर स्पॉट किए गए हैं, जिनका नाम उनकी पत्नी सुनीता भी ले चुकी हैं। सुनीता ने कुछ समय पहले ही कहा था कि उन्हें कोमल नाम से नफरत है। सुनीता ने धोखा देने के आरोप लगाकर कहा था, मुझे कोमल नाम से नफरत है कुछ समय पहले ही सुनीता ने मिस मालिनी को दिए इंटरव्यू में गोविंदा के अफेयर रूमर्स पर बात करते हुए कहा कि जवानी में गलतियां होती हैं, लेकिन 63 की उम्र में ये सब सुनना ठीक नहीं है। जब इंटरव्यूअर ने बताया कि उनका नाम कोमल है, तो सुनीता ने कहा, ‘ये नाम थोड़ा गड़बड़ है। मुझे कोमल नाम से नफरत है। एक है कोमल, एक्स वाय जेड है कोई। मुझे उससे नफरत है।’ गोविंदा के साथ बॉलीवुड डेब्यू करने वाली हैं कोमल गोविंदा 7 साल बाद बॉलीवुड कमबैक कर रहे हैं और अपने प्रोडक्शन की इस फिल्म से कोमल को भी लॉन्च कर रहे हैं। सिर्फ यही नहीं कोमल के गोविंदा की दूसरी फिल्म दुनियादारी में होने की भी खबरें हैं। गोविंदा ने जुलाई में अपकमिंग फिल्म रूपा से जुड़ी एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कोमल का मीडिया से परिचय करवाया और तारीफ कर कहा कि फिल्म देखने के बाद दर्शक उन्हें अच्छी एक्ट्रेस मानेंगे। सुनीता ने कहा- नई लड़कियों को शुगर डैडी चाहिए होता है, शक्ल होती नहीं इसी इंटरव्यू में सुनीता ने कहा था, ‘आजकल की जो लड़कियां आती है ना स्ट्रगल करने के लिए दे नीड अ शुगर डैडी जिसका जो उनका खर्चा चलाए। शकल दो कौड़ी की होती है, लेकिन हीरोइन बनना होता है। फिर क्या करती हैं फंसा लेती हैं, ब्लैकमेल करती हैं। ऐसी लड़कियां बहुत आती हैं, लेकिन तुम (गोविंदा) थोड़ी बेवकूफ हो, 63 के हो, सुंदर बीवी है, बच्चे हैं। तुम इस उम्र में ये सब नहीं कर सकते। जवानी में सब गलती करते हैं, लेकिन इस उम्र में नहीं।’ 1987 में हुई थी गोविंदा और सुनिता की शादी गोविंदा और सुनिता आहूजा ने 1987 में एक प्राइवेट समारोह में शादी की थी। उस समय गोविंदा बॉलीवुड स्टार बन चुके थे। दोनों ने गोविंदा के करियर को बचाने के लिए करीब दो साल तक अपनी शादी की बात छिपाकर रखी। बेटी टीना आहूजा के जन्म के बाद उन्होंने शादी को सार्वजनिक किया था। इसके बाद दोनों के बेटे यशवर्धन आहूजा का जन्म हुआ।

दैनिक भास्कर 10 Aug 2026 12:57 pm

मुझे गाली देकर उसे स्टारडम मिला:पत्नी सुनीता के अफेयर के आरोपों पर गोविंदा ने तोड़ी चुप्पी, कहा- क्या कामयाबी के लिए अपनों को बदनाम करना जरूरी

गोविंदा ने पत्नी सुनीता आहूजा के उन आरोपों पर जवाब दिया है, जिनमें उन्होंने उनके कई अफेयर्स की बात कही थी। गोविंदा ने कहा कि सुनिता सार्वजनिक तौर पर उनके बारे में नकारात्मक बातें कर स्टारडम हासिल कर रही हैं। साथ ही एक्टर ने कहा कि क्या आपको कामयाबी के लिए दूसरों को बदनाम करना जरूरी है। ANI से बातचीत में सुनीता के कई लड़कियों से अफेयर के दावों पर गोविंदा ने कहा, “वह मुझे बहुत प्यार से गाली देती हैं और मैं उनके हाथ से खाता भी हूं। मुझे लगता है कि जो लोग जहां हैं और भगवान ने उन्हें जो भी भूमिका दी है, अगर वो वहां नहीं होते हम कामयाब नहीं हो सकते थे।” गोविंदा बोले- दूरी बनाने के लिए आरोप लगाना जरूरी नहीं गोविंदा ने इशारा किया कि उनके बारे में खुलकर बोलने के बाद सुनीता को स्टारडम मिला। उन्होंने कहा, “बहुत सी बातें ऐसी होती हैं, जो बयां नहीं की जातीं। क्या दूरी बनाने के लिए आरोप लगाने की जरूरत है क्या? लेकिन लोग मानते हैं कि ये निकलने का आसान रास्ता है।” उन्होंने सवाल किया, “कामयाबी के लिए अपने ही लोगों की बुराई जरूरी है क्या? यह थोड़ा आसान है। सुनीता तारीफ करती है फिर एक बुराई करती है। मुझे इसमें ज्यादा प्यार दिखाई देता है।” सुनीता ने कहा था- गोविंदा के कई अफेयर्स रहे सुनीता आहूजा हाल ही में ‘लॉक अप 2’ की कंटेस्टेंट बनी थीं। शो के दौरान उन्होंने गोविंदा के कथित अफेयर्स पर बात की थी। उन्होंने कहा था, “प्यार में आपको हर चीज सहन करने में सक्षम होना चाहिए। चीची (गोविंदा) के जवानी में कई अफेयर्स रहे हैं। तब मैंने नजरअंदाज किया था, लेकिन अब नहीं करूंगी। एक्ट्रेस कोमल के साथ स्पॉट हुए गोविंदा, सुनीता ने कहा था- कोमल से नफरत है सुनीता आहूजा कई मौकों पर गोविंदा पर एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर और धोखा देने के आरोप लगा चुकी हैं। अफेयर रूमर्स के बीच गोविंदा एक्ट्रेस कोमल रानी स्वर्णकर के साथ एयरपोर्ट पर स्पॉट किए गए हैं, जिनका नाम उनकी पत्नी सुनीता भी ले चुकी हैं। सुनीता ने कुछ समय पहले ही कहा था कि उन्हें कोमल नाम से नफरत है। सुनीता ने धोखा देने के आरोप लगाकर कहा था, मुझे कोमल नाम से नफरत है कुछ समय पहले ही सुनीता ने मिस मालिनी को दिए इंटरव्यू में गोविंदा के अफेयर रूमर्स पर बात करते हुए कहा कि जवानी में गलतियां होती हैं, लेकिन 63 की उम्र में ये सब सुनना ठीक नहीं है। जब इंटरव्यूअर ने बताया कि उनका नाम कोमल है, तो सुनीता ने कहा, ‘ये नाम थोड़ा गड़बड़ है। मुझे कोमल नाम से नफरत है। एक है कोमल, एक्स वाय जेड है कोई। मुझे उससे नफरत है।’ गोविंदा के साथ बॉलीवुड डेब्यू करने वाली हैं कोमल गोविंदा 7 साल बाद बॉलीवुड कमबैक कर रहे हैं और अपने प्रोडक्शन की इस फिल्म से कोमल को भी लॉन्च कर रहे हैं। सिर्फ यही नहीं कोमल के गोविंदा की दूसरी फिल्म दुनियादारी में होने की भी खबरें हैं। गोविंदा ने जुलाई में अपकमिंग फिल्म रूपा से जुड़ी एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कोमल का मीडिया से परिचय करवाया और तारीफ कर कहा कि फिल्म देखने के बाद दर्शक उन्हें अच्छी एक्ट्रेस मानेंगे। सुनीता ने कहा- नई लड़कियों को शुगर डैडी चाहिए होता है, शक्ल होती नहीं इसी इंटरव्यू में सुनीता ने कहा था, ‘आजकल की जो लड़कियां आती है ना स्ट्रगल करने के लिए दे नीड अ शुगर डैडी जिसका जो उनका खर्चा चलाए। शकल दो कौड़ी की होती है, लेकिन हीरोइन बनना होता है। फिर क्या करती हैं फंसा लेती हैं, ब्लैकमेल करती हैं। ऐसी लड़कियां बहुत आती हैं, लेकिन तुम (गोविंदा) थोड़ी बेवकूफ हो, 63 के हो, सुंदर बीवी है, बच्चे हैं। तुम इस उम्र में ये सब नहीं कर सकते। जवानी में सब गलती करते हैं, लेकिन इस उम्र में नहीं।’ 1987 में हुई थी गोविंदा और सुनिता की शादी गोविंदा और सुनिता आहूजा ने 1987 में एक प्राइवेट समारोह में शादी की थी। उस समय गोविंदा बॉलीवुड स्टार बन चुके थे। दोनों ने गोविंदा के करियर को बचाने के लिए करीब दो साल तक अपनी शादी की बात छिपाकर रखी। बेटी टीना आहूजा के जन्म के बाद उन्होंने शादी को सार्वजनिक किया था। इसके बाद दोनों के बेटे यशवर्धन आहूजा का जन्म हुआ।

दैनिक भास्कर 10 Aug 2026 12:57 pm

एक्ट्रेस बोलीं-रानियां हैवी ज्वेलरी पहनती थीं,मेरे लिए आसान नहीं था:राजस्थानी ट्रेडिशनल ड्रेस पहनकर लगा, जैसे मैं भंसाली की फिल्म से निकलकर आई हूं

जयपुर कॉट्योर शो सीजन-14 के दूसरे दिन बॉलीवुड अभिनेत्री संदीपा धर ने ज्वेलरी डिजाइनर हुकुम सिंह के लिए शोस्टॉपर के रूप में रैंप वॉक किया। इस दौरान अभिनेत्री ने पारंपरिक राजस्थानी पोशाक के साथ बेहद खूबसूरत और भारी पारंपरिक ज्वेलरी पहनी थी। रैंप वॉक के बाद अपने अनुभव साझा करते हुए संदीपा धर ने कहा- इस पहनावे और ज्वेलरी को पहनकर वे खुद को एक रानी की तरह महसूस कर रही हैं। मुझे ऐसा लग रहा है जैसे वे किसी राजमहल में हैं और वह महल उनका अपना ही है। संदीपा धर ने अपने राजस्थानी लुक को लेकर कहा कि मैं बता नहीं सकती कि मैं इस पहनावे को लेकर कितनी एक्साइटेड हूं। यह पोशाक और इतनी खूबसूरत ज्वेलरी पहनकर मैं अपनी खुशी शब्दों में व्यक्त नहीं कर सकती। मैं एक रानी की तरह महसूस कर रही हूं। ऐसा लग रहा है जैसे मैं किसी राजमहल में हूं और वह मेरा ही महल है। ‘ऐसा लग रहा है जैसे भंसाली की फिल्म से निकलकर आई हूं’ शिव ज्वेलर्स के हुकुम सिंह का आभार जताते हुए कहा कि उन्हें राजस्थान की संस्कृति का हिस्सा बनने और इस तरह की पारंपरिक पोशाक व ज्वेलरी पहनने का अवसर मिला, यह उनके लिए खास अनुभव है। संदीपा ने कहा कि एक लड़की के तौर पर मुझे लगता है कि इस तरह तैयार होना हर लड़की का सपना होता है। आज मुझे लग रहा है कि मैं सीधे किसी संजय लीला भंसाली की फिल्म से निकलकर आई हूं। आसान नहीं है ऐसी ज्वैलरी पहनना राजस्थान की रानियों की ओर से पहनी जाने वाली भारी ज्वेलरी और पारंपरिक परिधानों को लेकर भी संदीपा ने दिलचस्प अंदाज में अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि इतनी भारी ज्वेलरी पहनने के बाद शरीर और व्यक्तित्व में एक अलग तरह का ठहराव और ग्रेस आ जाता है। उन्होंने कहा कि शायद इसी वजह से उस समय की रानियां इतनी ग्रेसफुल दिखाई देती थीं। इस तरह की पोशाक और हैवी ज्वेलरी पहनने के बाद एक ठहराव आ जाता है। मैं तो एक दिन पहनकर ही थक गई हूं, लेकिन उन महिलाओं को सलाम है जो रोजाना इतनी भारी ज्वेलरी और पोशाक पहनती थीं। संदीपा ने मजाकिया अंदाज में कहा कि वह सोचती हैं कि अगर उनका जन्म उस दौर में हुआ होता तो उन्हें रोज इस तरह तैयार होने का मौका मिलता। उन्होंने कहा कि महिलाएं किसी मायने में सुपर ह्यूमन होती हैं, जो इतनी भारी ज्वेलरी और परिधानों को भी सहजता से संभाल लेती थीं। तीन महीने बीकानेर में शूटिंग, राजस्थान से खास जुड़ाव संदीपा धर का राजस्थान से जुड़ाव हाल के समय में और गहरा हुआ है। उन्होंने बताया कि वह करीब तीन महीने बीकानेर में शूटिंग कर रही थीं और इस दौरान उनका जयपुर आना-जाना भी लगातार रहा। ऐसे में राजस्थान की संस्कृति, खान-पान और कला को करीब से समझने का मौका मिला। राजस्थान के खाने की तारीफ करते हुए संदीपा ने मजाकिया अंदाज में कहा कि यहां की थालियां खा-खाकर उनका वजन करीब पांच-छह किलो बढ़ गया है। हालांकि उन्होंने तुरंत यह भी कहा कि राजस्थान का खाना इतना शानदार है कि उसे छोड़ना आसान नहीं है। उन्होंने कहा कि राजस्थान से उनका जुड़ाव सिर्फ खाने तक सीमित नहीं है। यहां की कला, फाइन आर्ट, फर्नीचर, ज्वेलरी और पारंपरिक पोशाकें उन्हें बेहद प्रभावित करती हैं। संदीपा ने कहा कि राजस्थान की खासियत यह है कि यहां कला केवल संग्रहालयों या प्रदर्शनियों तक सीमित नहीं है, बल्कि लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी से जुड़ी हुई है। यहां के लोगों की प्रतिभा और पारंपरिक कला के प्रति जुड़ाव उन्हें बेहद खास लगता है। राजस्थान का आर्ट और कल्चर कमाल का है। चाहे फाइन आर्ट हो, फर्नीचर हो, ज्वेलरी हो या पोशाक, यहां हर चीज में कला दिखाई देती है। यहां के लोग बेहद प्रतिभाशाली हैं और यह देखकर बहुत अच्छा लगता है कि कला यहां लोगों की जिंदगी से इतनी गहराई से जुड़ी हुई है। 28 अगस्त को नेटफ्लिक्स पर नजर आएंगी संदीपा संदीपा धर ने बातचीत में अपने आगामी प्रोजेक्ट्स को लेकर भी जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि उनका नया शो ‘चुंबक’ 28 अगस्त को नेटफ्लिक्स पर रिलीज होने जा रहा है। इस शो को लेकर वह काफी उत्साहित हैं। उन्होंने बताया कि ‘चुंबक’ के मेकर्स इससे पहले लोकप्रिय कॉमेडी शो ‘खिचड़ी’ और ‘साराभाई वर्सेस साराभाई’ से जुड़े रहे हैं। संदीपा इस प्रोजेक्ट के जरिए पहली बार कॉमेडी जॉनर में काम कर रही हैं। इस शो में अभिनेत्री नीना गुप्ता सहित कई प्रतिभाशाली कलाकार नजर आएंगे। संदीपा ने उनके साथ काम करने के अनुभव को भी शानदार बताया और दर्शकों से 28 अगस्त को शो देखने की अपील की।

दैनिक भास्कर 10 Aug 2026 11:32 am

नसीरुद्दीन शाह के बयान पर भड़के पीयूष मिश्रा:CJP प्रोटेस्ट पर सेलेब्स की चुप्पी पर कहा था- जिन कुत्तों के मुंह में हड्डी है वो चुप

सीनियर एक्टर पीयूष मिश्रा ने झारखंड प्रोटेस्ट में पहुंचकर नसीरुद्दीन शाह के एक बयान पर नाराजगी जाहिर कर उन पर कटाक्ष किया है। उन्होंने नसीरुद्दीन शाह और अन्य सेलेब्स की चुप्पी पर भी सवाल उठाए हैं। झारखंड प्रोटेस्ट में शामिल हुए पीयूष मिश्रा ने कहा है, ‘नसीरुद्दीन शाह साहब, आपने कॉकरोच जनता पार्टी के प्रोटेस्ट पर सेलेब्स के कुछ न कहने पर एक बात कही थी कि जिन कुत्तों के मुंह में हड्डी है वह नहीं बोलेंगे। माफ करिएगा, मैं आपका प्रति पूरा सम्मान देकर पूछना चाहता हूं कि इस वक्त वो कौन कुत्ते हैं, जिनके मुंह में हड्डी है।’ क्या था नसीरुद्दीन शाह का पूरा बयान? कॉकरोच जनता पार्टी के प्रोटेस्ट पर सेलेब्स की चुप्पी पर बात करते हुए नसीरुद्दीन शाह ने द वायर से कहा था, सेलेब्स तब बोलेंगे, जब उनका जमीर उनसे ऐसा करने को बोलेगा। एक कहावत है कि जिस कुत्ते के मुंह में हड्डी होती है, वो भौंक नहीं सकता। जैसे ही हड्डी उसके मुंह से गिरेगी या दांत टूटेंगे, तब वो भौंकेगा। झारखंड प्रोटेस्ट में पहुंचे पीयूष मिश्रा झारखंड की राजधानी रांची में परीक्षाओं में धांधली और पेपर लीक के खिलाफ छात्रों का आंदोलन जारी है। प्रदर्शन के 16वें दिन अभिनेता और गायक पीयूष मिश्रा धरना स्थल जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम पहुंचे। उन्होंने अभ्यर्थियों के बीच बैठकर उनका समर्थन किया। मीडिया से बातचीत में पीयूष मिश्रा ने कहा कि वे छात्रों के इंटरव्यू देखकर और उनकी आंखों में दर्द देखकर यहां आए हैं। इस दौरान उन्होंने अपनी फिल्म 'गुलाल' का प्रसिद्ध गाना 'आरंभ है प्रचंड' भी गाया, जिससे पूरे परिसर में उत्साह दिखाई दिया। मीडिया से बातचीत में पीयूष मिश्रा ने रांची आने की वजह बताई। उन्होंने कहा कि उनका यहां आने का कोई अन्य मकसद नहीं है। उन्होंने सोशल मीडिया पर प्रदर्शनकारी छात्रों के इंटरव्यू देखे थे। छात्रों की आंखों में दर्द, तकलीफ और आंसू देखकर उनसे रहा नहीं गया। दो दिन का समय खाली मिलते ही वे सीधे रांची आ गए। उन्होंने प्रोटेस्ट के लिए आर्थिक मदद देने की भी बात कही है।

दैनिक भास्कर 10 Aug 2026 10:30 am

दुष्कर्म के आरोप में गिरफ्तार हुए डायरेक्टर शकील नूरानी:एक्ट्रेस का आरोप-नशीली दवा दीं, दुष्कर्म के बाद गर्भनिरोधक गोलियां देते थे; 2016 का मामला

गोविंदा की फिल्म जोरू का गुलाम डायरेक्ट कर चुके 73 साल के शकील नूरानी को यौन उत्पीड़न और दुष्कर्म के मामले में गिरफ्तार किया गया है। 33 साल की एक्ट्रेस ने उन पर शोषण, ब्लैकमेलिंग समेत कई संगीन आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज करवाई थी। शिकायत के अनुसार, ये मामला 2016 का है। घटना 2016 की, केस अब दर्ज हुआ मुंबई पुलिस को मिली शिकायत के अनुसार, एक्ट्रेस की शकील नूरानी से पहली मुलाकात 2016 में लोखंडवाला में एक अवॉर्ड फंक्शन के दौरान हुई थी। उन्होंने उनसे आने वाले एक प्रोजेक्ट के बारे में बात की और काम के लिए संपर्क करने को कहा था। शिकायत के मुताबिक, बाद में एक्ट्रेस स्क्रिप्ट पढ़ने के लिए शकील नूरानी के मालवानी स्थित घर गई थीं। वहां नूरानी ने उन्हें सॉफ्ट ड्रिंक पीने को दिया, जिसके बाद वह बेहोश हो गईं। होश आने पर वीडियो दिखाकर धमकाने का आरोप एक्ट्रेस ने FIR में आरोप लगाया कि होश आने के बाद शकील नूरानी ने उन्हें अपने मोबाइल पर एक्ट्रेस का वीडियो दिखाया। उन्होंने धमकी दी कि पुलिस से संपर्क करने या परिवार को जानकारी देने पर वह वीडियो सर्कुलेट कर देंगे। एक्ट्रेस का आरोप है कि नूरानी ने इसी कथित वीडियो के जरिए उन्हें धमकाया और कई बार उनका यौन उत्पीड़न किया। उन्होंने यह भी कहा कि यौन संबंधों के बाद नूरानी उन्हें बार-बार गर्भनिरोधक गोलियां देते थे। पुलिस ने सतारा के फार्महाउस किया गिरफ्तार FIR दर्ज होने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की। जांच में पता चला कि नूरानी सतारा जिले के मेधा इलाके में स्थित एक फार्महाउस में रह रहे हैं। मालवानी पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि FIR दर्ज होने के बाद नूरानी 40 दिन तक छिपे रहे। पुलिस टीम ने अंधेरी के लोखंडवाला स्थित उनके बेटे के घर की तलाशी भी ली, लेकिन उनका कोई सुराग नहीं मिला। अधिकारी ने कहा, “टेक्निकल मदद से हमने उन्हें सतारा जिले के मेधा स्थित एक फार्महाउस में खोजा। मेधा पुलिस स्टेशन के हमारे साथियों ने उन्हें हिरासत में लिया। इसके बाद हमारी टीम ने उन्हें अपने कब्जे में ले लिया।” 12 अगस्त तक पुलिस कस्टडी में भेजे गए पुलिस ने शकील नूरानी को शनिवार को बोरीवली हॉलीडे कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने उन्हें 12 अगस्त तक पुलिस कस्टडी में भेज दिया है। नूरानी को मालवानी पुलिस ने दुष्कर्म और यौन उत्पीड़न के मामले में गिरफ्तार किया है। उनके खिलाफ केस दर्ज किया गया है, जबकि शिकायतकर्ता के मुताबिक घटना 2016 की है और मामला अब दर्ज हुआ। डीसीपी (जोन 2) संदीप घुगे ने कहा कि शिकायत दर्ज होने के बाद से पुलिस टीम जानकारी जुटा रही है। नूरानी के वकील विकास सिंह ने टीओआई से कहा कि उनके क्लाइंट को झूठा फंसाया गया है। उन्होंने कहा कि मामला अदालत में है, इसलिए इस पर आगे कोई कॉमेंट नहीं करेंगे। नूरानी ने 1991 से 2000 के बीच फिल्में बनाईं शकील नूरानी ने 1990 और 2000 के शुरुआती दशक में फिल्में बनाई हैं। उनकी फिल्मों में ‘विष्णु देवा’ (1991), ‘श्रीमान आशिक’ (1993), ‘बड़े दिलवाला’ (1999) और ‘जोरू का गुलाम’ (2000) शामिल हैं। संजय दत्त से पुराना विवाद रहा शकील नूरानी इससे पहले संजय दत्त से विवाद को लेकर चर्चा में रहे थे। मुंबई की एक अदालत ने शकील नूरानी को धमकाने के मामले में संजय दत्त के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया था।

दैनिक भास्कर 10 Aug 2026 8:22 am

Spider-Man Brand New Day का ऐतिहासिक कारनामा, भारत में कमाई में उड़ाया गर्दा, बनी नंबर-1 हॉलीवुड फिल्म

स्पाइडर-मैन ब्रांड न्यू डे अब भारत में सबसे अधिक कमाई करने वाली एकमात्र हॉलीवुड फिल्म बन चुकी है।

जागरण 10 Aug 2026 7:50 am

कश्मीर में राजेश खन्ना ने तेज सप्रू को गालियां दीं:अगले दिन माफी मांगी, फिर दोनों रातभर बैठकर पीते रहे, सप्रू ने घटना सुनाई

एक्टर तेज सप्रू ने हाल ही में बताया कि राजेश खन्ना ने कश्मीर में फिल्म की शूटिंग के दौरान उन्हें गालियां दी थीं। ‘द रेडिफ’ के पॉडकास्ट में तेज सप्रू ने बताया कि इस घटना से उनका दिल बुरी तरह टूट गया था, क्योंकि वो राजेश खन्ना की बहुत इज्जत करते थे। तेज सप्रू ने चार दशक से ज्यादा लंबे करियर में 300 से अधिक फिल्मों में काम किया है। राजेश खन्ना की पर्सनैलिटी पर बात करते हुए तेज सप्रू ने कहा कि जब कोई शिखर पर होता है, तो कई बार उसके आसपास के लोग ही उसका दिमाग ज्यादा खराब कर देते हैं। हालांकि, राजेश खन्ना की दूसरी क्वालिटी बहुत खास थी। तेज के मुताबिक, “इतने बड़े दिल वाला मैंने शायद ही देखा है किसी को।” इसके बाद उन्होंने कश्मीर में अपनी एक फिल्म की शूटिंग के दौरान हुई घटना का जिक्र किया। सप्रू ने बताया, “एक बार हम साथ काम कर रहे थे। तभी अचानक पीछे से किसी की मुझे गालियां देते हुए आवाज सुनाई दी। मैंने मुड़कर देखा तो पाया कि वह काका जी थे।” तेज सप्रू ने बताया कि जब राजेश खन्ना ने उन्हें गालियां दीं, तब वह फिल्म की एक एक्ट्रेस के साथ थे। उन्होंने यह नहीं बताया कि राजेश खन्ना ने उन्हें गाली क्यों दी थी। सप्रू ने कहा कि इस घटना ने उन्हें बहुत परेशान कर दिया था। उन्होंने बताया कि राजेश खन्ना की पहली फिल्म उनके पिता डीके सप्रू के साथ थी और वह उनका बहुत सम्मान करते थे। तेज सप्रू ने कहा, “मैं सिर्फ उनका ही नहीं, बल्कि खुद से सीनियर और मेरे पिता के साथ काम करने वाले हर शख्स का सम्मान करता हूं। चाहे वह बड़ा एक्टर हो या छोटा, जब तक वह बैठ नहीं जाता, मैं खुद कुर्सी पर नहीं बैठता।” उन्होंने आगे बताया, “इतना सम्मान करने के बावजूद न जाने क्या हुआ कि उन्होंने पीछे से मुझे गाली दे दी। मैं इस बात से बहुत परेशान हो गया था।” राजेश खन्ना ने अगले दिन मांगी माफी तेज सप्रू ने बताया कि अगले दिन दोनों का साथ में शूट था। कश्मीर में बर्फ के बीच एक सीक्वेंस की शूटिंग चल रही थी। उन्होंने राजेश खन्ना को हाय, हैलो या नमस्ते कुछ नहीं कहा। वह चुपचाप एक कुर्सी लगाकर बर्फ में बैठ गए। तेज सप्रू ने बताया कि वह उस वक्त भी पिछली घटना से नाराज थे। वह राजेश खन्ना से कोई बातचीत नहीं करना चाहते थे। शूटिंग शुरू हुई और दोनों अपने-अपने शॉट में व्यस्त हो गए। इसके बाद राजेश खन्ना उनके पास आए और बात शुरू की। तेज सप्रू के मुताबिक, राजेश खन्ना ने उनसे कहा, “हे टॉल बॉय, चल भूल जा।” इस पर तेज सप्रू ने जवाब दिया, “सर, आपने गाली दे दी थी मुझे।” राजेश खन्ना ने इसके बाद कहा, “नहीं नहीं, हो गया यार, आजा आजा।” तेज सप्रू ने बताया कि इसके बाद राजेश खन्ना ने उन्हें शाम को अपने साथ चलने के लिए कहा। तेज सप्रू उनके साथ जाने के लिए मान गए। शूटिंग खत्म होने के बाद दोनों साथ गए। तेज सप्रू ने बताया कि इसके बाद उन्होंने राजेश खन्ना के साथ काफी वक्त बिताया। उन्होंने कहा, “फुल रात काका जी और मैंने बैठ के पिया, खाया।”

दैनिक भास्कर 10 Aug 2026 5:30 am

सर्जरी के दौरान सोनू निगम ने गाना गाया:हॉस्पिटल बेड से शेयर किया वीडियो, श्रेया घोषाल ने की जल्द रिकवरी की कामना

सिंगर सोनू निगम ने हाल ही में सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर किया है, जिसमें वो हॉस्पिटल में सर्जरी के दौरान मेडिकल स्टाफ के लिए गाना गाते नजर आ रहे हैं। सोनू निगम ने वीडियो शेयर कर लिखा- “मेरी सर्जरी के दौरान प्यारे डॉक्टर नीलेश सतभाई और उनकी पूरी टीम के लिए अचानक एक छोटा सा परफॉर्मेंस दिया। दर्द में भी गाया… क्योंकि संगीत की खुशी सबसे अलग है!” वीडियो में सोनू को हॉस्पिटल बेड पर देखा जा सकता है। उनकी सर्जरी चल रही है और सोनू मोहम्मद रफी का 'सुहानी रात ढल चुकी' गाना गा रहे हैं। बता दें कि ये गाना फिल्म 'दुलारी' का है। फिल्म 1949 में रिलीज हुई थी। सोनू निगम की सर्जरी के बाद उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना करते हुए कई सेलेब्स ने उनकी पोस्ट पर कमेंट किए। सोनू के वीडियो पर श्रेया घोषाल ने कमेंट किया, ‘सोनू जी आप जल्द ठीक हो जाइए। आप जल्दी रिकवर करें। आपका म्यूजिक के लिए डेडिकेशन और परफेक्शन इस हालत में भी बहुत इंस्पायरिंग है।’ सिंगर श्रद्धा पंडित ने सोनू को ‘ईश्वर की आवाज’ बताते हुए उनके जल्द ठीक होने की कामना की। सिंगर विशाल मिश्रा ने लिखा, ‘इसीलिए आप मेरे भगवान हैं। जल्द ठीक हो जाइए भैया।’ इसके अलावा रणवीर अल्लाहबादिया ने भी लिखा, ‘जल्द ठीक हो जाइए सोनू सर, ढेर सारा प्यार।’ वहीं महिमा चौधरी ने लिखा, ‘हे भगवान। ये शानदार है। जल्द ठीक हो जाइए। आपकी आवाज। कोलेब के लिए ये अच्छा आइडिया है, आजकल के मेडिकल बिलों को देखते हुए। फैंस भी सोनू की जल्द रिकवरी के लिए प्रार्थना कर रहे हैं।’ सोनू निगम ने बताया था- उनकी नसें दब गई थीं सोनू निगम की सर्जरी क्यों हुई है, अभी इसकी जानकारी सामने नहीं आई है। हालांकि, जून में उन्होंने सोशल मीडिया पर अपनी सेहत के बारे में जानकारी शेयर की थी। सोनू ने बताया था कि वो नसों से जुड़ी एक दर्दनाक बीमारी से जूझ रहे हैं और इसका इलाज करवा रहे हैं। जून में सोनू ने बताया था कि उनकी नसें दब गई हैं और उन्होंने MRI और CT स्कैन करवाए थे। सोनू ने कहा था कि मेरी कई MRI और CT स्कैन हो चुके हैं। मैं पिछले कई दिनों से दवाइयां ले रहा हूं। उन्होंने अपनी गर्दन के पास लगा एक पैच भी दिखाया था। सोनू ने बताया था कि नस दबने की वजह से उन्हें गले में भारीपन महसूस हो रहा था। उन्होंने बताया था कि फिजियोथेरेपी उनके लिए दर्दभरा एक्सपीरियंस रहा और रिकवरी प्रोसेस आसान नहीं है। वो दर्द की दवाई ले रहे थे। सोनू निगम हाल ही में 30 जुलाई को 53 साल के हुए हैं। अपने करियर में उन्होंने 'कल हो न हो', 'अभी मुझ में कहीं', 'सूरज हुआ मद्धम', 'संदेशे आते हैं', 'मुझसे रात दिन बस', 'दीवाना तेरा', 'मैं अगर कहूं' जैसे कई गाने गाए हैं। उन्हें गाने 'कल हो न हो' के लिए बेस्ट मेल प्लेबैक सिंगर का नेशनल फिल्म अवॉर्ड मिला था। सोनू निगम को 2022 में पद्मश्री अवॉर्ड से सम्मानित किया गया था। पर्सनल लाइफ की बात करें तो सोनू निगम की पत्नी का नाम मधुरिमा निगम है। उनकी शादी 15 फरवरी 2002 में हुई थी। उनका एक बेटा भी है, जिसका नाम नेवान निगम है।

दैनिक भास्कर 9 Aug 2026 6:09 pm

‘रामायणम्’ की रिलीज का महा प्लान:विदेशों में 50 हजार और भारत में 9 हजार स्क्रीन पर होगी रिलीज

नितेश तिवारी की ‘रामायणम्’ रिलीज से पहले ही ग्लोबल स्तर पर नया रिकॉर्ड बनाने की तैयारी में है। फिल्म को भारत में करीब 9 हजार और अंतरराष्ट्रीय बाजार में 50 हजार स्क्रीन्स पर रिलीज करने की योजना है। यह किसी भारतीय फिल्म की अब तक की सबसे बड़ी ग्लोबल थिएट्रिकल रिलीज होगी। मेकर्स ने फिल्म का इंग्लिश लिप-सिंक ट्रेलर जारी करते हुए अंतरराष्ट्रीय रिलीज के बड़े प्लान की जानकारी दी है। भारत और विदेशों के स्क्रीन काउंट को मिलाकर ‘रामायणम्’ की कुल ग्लोबल स्क्रीन संख्या 59 हजार के आसपास पहुंच सकती है। हालांकि यह आंकड़ा रिलीज के अंतिम समय में बदल सकता है। ‘पुष्पा 2’ और ‘RRR’ से कई गुना बड़ा है रिलीज का प्लान अगर तय स्क्रीन काउंट लागू होता है तो ‘रामायणम्’ हाल की बड़े भारतीय ब्लॉकबस्टर्स से काफी आगे निकल जाएगी। ‘पुष्पा 2: द रूल’ करीब 12-13 हजार और ‘RRR’ करीब 10-11 हजार स्क्रीन्स पर दुनियाभर में रिलीज हुई थीं। ‘रामायणम्’ का प्रस्तावित इंटरनेशनल रिलीज स्केल हॉलीवुड की बड़ी फिल्मों से भी तुलना खींच रहा है। ‘अवतार: द वे ऑफ वॉटर’ की रिलीज करीब 52 हजार स्क्रीन्स पर बताई गई थी। ऐसे में ‘रामायणम्’ का संभावित स्क्रीन काउंट इसे नए स्तर पर पहुंचा सकता है। 50 भाषाओं में भी रिलीज होगी, AI लिप-सिंक का हुआ है यूज फिल्म ‘रामायणम्’ को दुनियाभर के दर्शकों तक पहुंचाने के लिए इसे 50 भाषाओं में रिलीज किया जा सकता है। इसके लिए नमित मल्होत्रा की DNEG की ओर से तैयार की गई AI तकनीक ‘ब्रह्मा AI’ का इस्तेमाल किया जा रहा है। इंग्लिश ट्रेलर में इसी तकनीक की झलक देखने को मिली है, जिसमें कलाकारों की मूल आवाज को बरकरार रखते हुए उनके संवादों को लिप-सिंक किया गया है। बता दें कि यह फिल्म 8 नवंबर को भारत में रिलीज होगी। हालांकि उससे दो दिन पहले 6 नवंबर को विदेशों में ग्रैंड लेवल पर रिलीज की जाएगी।

दैनिक भास्कर 9 Aug 2026 3:36 pm

प्रीति जिंटा ने आमिर खान को इग्नोर नहीं किया:दावे पर भड़कीं; बोलीं- नेगेटिविटी बढ़ाएंगे तो तस्वीरों के लिए रुकने की उम्मीद न करें

प्रीति जिंटा ने फिल्म ‘बटवारा 1947’ के प्रमोशन के दौरान आमिर खान को नजरअंदाज करने के दावों को खारिज किया। प्रीति ने पोस्ट को ‘क्लिकबेट कंटेंट’ बताया और कहा कि उन्होंने उस समय आमिर को देखा ही नहीं था। दरअसल, एक पैपराजी अकाउंट ने फिल्म के प्रमोशनल इवेंट का वीडियो पोस्ट किया था। वीडियो में प्रीति अपनी वैनिटी वैन से बाहर निकलकर फोटोग्राफर्स से पूछती दिखीं, ‘एक मिनट, गाइज, कहां जाना है?’ फोटोग्राफर्स के दिशा बताने के बाद प्रीति दूसरी तरफ चली गईं। आमिर अपनी वैनिटी वैन के पास खड़े थे, लेकिन प्रीति ने उनकी ओर ध्यान नहीं दिया। इसके बाद एक पैपराजी पेज ने वीडियो के साथ कैप्शन लिखा, ‘ओह नो, प्रीति जिंटा ने आमिर खान को नजरअंदाज किया?’ यूजर्स ने दोनों के बीच अनबन की अटकलें लगाईं वीडियो के बाद सोशल मीडिया यूजर्स ने दोनों एक्टर्स के बीच किसी विवाद या असहज रिश्ते को लेकर अटकलें लगानी शुरू कर दीं। प्रीति ने बाद में इस पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए वीडियो को पेश करने के तरीके की आलोचना की। उन्होंने लिखा, ‘इस तरह का क्लिकबेट कंटेंट ठीक नहीं है। मैंने आमिर को नहीं देखा, क्योंकि मैं अंदर कुछ शॉट्स शूट करने की जल्दी में थी और फिर ‘बंटवारा 1947’ के प्रमोशन के लिए फ्लाइट पकड़नी थी।’ प्रीति ने आगे लिखा, ‘अगली बार, अगर आपका इरादा किसी भी तरह की नेगेटिविटी को बढ़ावा देना है, तो मुझसे यह उम्मीद न करें कि मैं रुककर तस्वीरें खिंचवाऊंगी। आमिर के लिए मेरे मन में बहुत प्यार और सम्मान है, इसलिए यह पोस्ट अच्छी बात नहीं है।’ बता दें कि प्रीति जिंटा जल्द अपकमिंगम फिल्म ‘बंटवारा 1947’ में नजर आएंगे। फिल्म में सनी देओल, करण देओल, शबाना आजमी, अली फजल और अभिमन्यु सिंह भी हैं। फिल्म के डायरेक्टर राजकुमार संतोषी हैं और इसके प्रोड्यूसर आमिर खान (आमिर खान प्रोडक्शंस) तथा अपर्णा पुरोहित हैं। फिल्म भारत के विभाजन की पृष्ठभूमि पर आधारित है। फिल्म की कहानी हिंसा, विस्थापन और पारिवारिक संघर्ष से जूझ रहे एक परिवार के इर्द-गिर्द घूमती है। 'बंटवारा 1947' 14 अगस्त 2026 को रिलीज होगी। ………………. प्रीति जिंटा जुड़ी ये खबर भी पढ़ें.... प्रीति जिंटा बोलीं- मोहाली मेरा घर, यह सबसे प्यारी घरवापसी:सनी देओल संग पंजाब आईं, चंडीगढ़ के बाद जालंधर-अमृतसर भी पहुंचीं बॉलीवुड एक्टर सनी देओल और प्रीति जिंटा शनिवार को पंजाब पहुंचे। यहां उन्होंने चंडीगढ़, मोहाली, जालंधर और अमृतसर में अपनी आने वाली फिल्म बंटवारा 1947 के प्रमोशनल इवेंट्स में हिस्सा लिया। फिल्म प्रमोशन के दौरान सनी देओल और प्रीति जिंटा ने स्टूडेंट्स से मुलाकात की और उन्हें फिल्म देखने के लिए सिनेमाघरों में आने का न्योता दिया। उनके साथ सनी देओल के बेटे करण देओल भी मौजूद थे। इसके अलावा उनकी सुरक्षा और प्रमोशनल टीम भी वहां थी। पूरी खबर यहां पढ़ें….

दैनिक भास्कर 9 Aug 2026 3:22 pm

झारखंड छात्र आंदोलन को सपोर्ट करने पहुंचे पीयूष मिश्रा:बोले- छात्रों की आंखों में दर्द देखा तो आ गया; 'आरंभ है प्रचंड' गाकर बढ़ाया हौसला

झारखंड की राजधानी रांची में परीक्षाओं में धांधली और पेपर लीक के खिलाफ छात्रों का आंदोलन जारी है। प्रदर्शन के 16वें दिन अभिनेता और गायक पीयूष मिश्रा धरना स्थल जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम पहुंचे। उन्होंने अभ्यर्थियों के बीच बैठकर उनका समर्थन किया। मीडिया से बातचीत में पीयूष मिश्रा ने कहा कि वे छात्रों के इंटरव्यू देखकर और उनकी आंखों में दर्द देखकर यहां आए हैं। इस दौरान उन्होंने अपनी फिल्म 'गुलाल' का प्रसिद्ध गाना 'आरंभ है प्रचंड' भी गाया, जिससे पूरे परिसर में उत्साह दिखाई दिया। छात्रों को देखकर आया, कोई राजनीतिक एजेंडा नहींमीडिया से बातचीत में पीयूष मिश्रा ने रांची आने की वजह बताई। उन्होंने कहा कि उनका यहां आने का कोई अन्य मकसद नहीं है। उन्होंने सोशल मीडिया पर प्रदर्शनकारी छात्रों के इंटरव्यू देखे थे। छात्रों की आंखों में दर्द, तकलीफ और आंसू देखकर उनसे रहा नहीं गया। दो दिन का समय खाली मिलते ही वे सीधे रांची आ गए। पीयूष मिश्रा ने कहा कि वे युवाओं को पसंद करते हैं और उन्हीं के लिए काम और सिंगिंग करते हैं। उन्होंने प्रदर्शनकारियों की तारीफ करते हुए कहा कि यह आंदोलन बिना किसी राजनीतिक झंडे या एजेंडे के शांतिपूर्ण तरीके से चलाया जा रहा है। खाने से लेकर तिरपाल और आर्थिक मदद देने का ऐलानगैंग्स ऑफ वासेपुर फेम अभिनेता ने बताया कि वे केवल मंच पर बोलने नहीं आए हैं, बल्कि अपनी क्षमता के अनुसार छात्रों की मदद भी कर रहे हैं। उन्होंने अपनी टीम और इवेंट मैनेजमेंट कंपनी की ओर से आंदोलन स्थल पर भोजन, गद्दे, तिरपाल और वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई है। पीयूष मिश्रा ने कहा कि वे कोई बहुत बड़े धन सेठ नहीं हैं, लेकिन उनसे जितना बन पड़ेगा, उतनी मदद लगातार करते रहेंगे। उन्होंने अभ्यर्थियों से अपील की कि आंदोलन को इसी तरह मर्यादित, अनुशासित और बिना किसी अभद्रता या अपशब्द के आगे बढ़ाएं। 'आरंभ है प्रचंड' गाया तो गूंज उठा प्रदर्शन स्थलधरना स्थल पर मौजूद युवाओं के बीच पीयूष मिश्रा ने निर्देशक अनुराग कश्यप की फिल्म 'गुलाल' (2009) का अपना प्रसिद्ध गाना 'आरंभ है प्रचंड' गाया। गाना शुरू होते ही पूरे स्टेडियम में मौजूद सैकड़ों छात्र-छात्राएं उनके साथ मिलकर पंक्तियां दोहराने लगे। गाना खत्म होने पर मैदान तालियों से गूंज उठा। इस भावुक पल ने प्रदर्शनकारी युवाओं में नया जोश भर दिया। पीयूष मिश्रा के अलावा बॉलीवुड के अन्य कलाकारों जैसे सोनाक्षी सिन्हा, इमरान खान, भूमि पेडनेकर और अनुपम खेर ने भी इस आंदोलन का समर्थन किया है। जानिए क्या है अभ्यर्थियों का पूरा विवादझारखंड में छात्र 29 जुलाई से 14वीं जेपीएससी प्रारंभिक परीक्षा और जेएसएससी की भर्ती परीक्षाओं में हुई धांधली के खिलाफ आंदोलित हैं। अभ्यर्थियों का आरोप है कि राज्य में लंबे समय से परीक्षाएं समय पर नहीं हो रही हैं और जो परीक्षाएं आयोजित होती हैं, उनके पेपर लीक हो जाते हैं। छात्र 14वीं जेपीएससी पीटी परीक्षा को रद्द करने, पूरे मामले की सीबीआई (CBI) और ईडी (ED) से जांच कराने और भर्ती प्रक्रिया में सुधार की मांग कर रहे हैं। सरकार के प्रतिनिधियों और मंत्रियों के साथ कई दौर की वार्ता के बाद भी अब तक कोई ठोस फैसला नहीं हो सका है।'

दैनिक भास्कर 9 Aug 2026 1:08 pm

लहर-लहर:ज़िंदगी से दु:ख कभी गायब नहीं हुआ, फिर गीतों की परंपरा से क्यों हो गया?

मुझे कभी-कभी लगता है कि आज की फिल्मों में जैसे दु:ख का कोई वजूद ही नहीं रह गया है। एक जमाना था जब लगभग हर फिल्म में एक-दो ऐसे गीत जरूर होते थे जो बिछड़ने, तन्हाई, इंतजार, टूटे हुए दिल या ज़िंदगी की शिकस्त की कहानी कहते थे। आज फिल्मी गानों को सुनकर तो ऐसा लगता है जैसे हर कोई हर वक्त खुश है। मैं तो मजाक में कह देता हूं कि शायद सचमुच ‘अच्छे दिन आ गए हैं!’ लेकिन हकीकत यह है कि ज़िंदगी से दु:ख कभी गायब नहीं हुआ। इंसान आज भी वही है। उसे आज भी मोहब्बत होती है, वह आज भी बिछड़ता है, उसे आज भी तन्हाई महसूस होती है और उसके ख्वाब आज भी टूटते हैं। तो फिर ऐसा क्या हुआ कि हमारे गीतों से दु:ख क्यों गायब हो गया? मेरे खयाल में दु:ख से मुंह मोड़ना किसी सेहतमंद समाज की निशानी नहीं है। यही वजह है कि पुराने दौर के दर्द भरे गीत सिर्फ मनोरंजन नहीं थे, बल्कि इंसान के दिल में दबे जज्बात को आवाज देते थे। जब कोई अपने ही दर्द को किसी गीत में सुनता है, तो उसे लगता है कि उसके दु:ख को किसी ने समझा है। यही एहसास उसके दिल का बोझ हल्का कर देता है। जब मैं शैलेंद्र, साहिर लुधियानवी और शकील बदायूनी जैसे गीतकारों को याद करता हूं, तो महसूस करता हूं कि उन्होंने दर्द को सिर्फ मोहब्बत तक सीमित नहीं रखा, उनके गीतों में तन्हाई भी थी, गरीबी भी थी, टूटे हुए ख्वाब भी थे, समाज का दर्द भी था और इंसान की बेबसी भी। शायद यही वजह है कि उनके लिखे हुए गीत आज भी उतने ही ताजा लगते हैं जितने अपने दौर में थे। आम इंसान न तो फिलॉसफी की किताबें पढ़ता है, न दुनिया का इतिहास समझने के लिए मोटे-मोटे ग्रंथ। उसके लिए फिल्मी गीत ही जीवन के मूल्य और संस्कारों के सबसे सहज शिक्षक रहे हैं। शैलेंद्र का यह गीत देखिए - किसी की मुस्कराहटों पे हो निसार, किसी का दर्द मिल सके तो ले उधार, किसी के वास्ते हो तेरे दिल में प्यार...। आज के बहुत-से फिल्मकार पश्चिमी सिनेमा के प्रभाव में बड़े हुए हैं। वे गीतों को कहानी का हिस्सा नहीं, बल्कि कारोबारी जरूरत मानने लगे हैं। गीतों को बैकग्राउंड में धकेला जा रहा है, जबकि वे भारतीय सिनेमा की सांस्कृतिक विरासत हैं। बिना गीतों की फिल्म बनाना अलग बात है, लेकिन गीतों की पूरी परंपरा को खत्म कर देना न कला के हित में है, न संस्कृति के। लेकिन जरा हमारी सांस्कृतिक विरासत को देखिए। संस्कृत के प्राचीन नाटकों में गीत हैं। रामलीला और कृष्णलीला में गीत हैं। उर्दू और पारसी थिएटर में गीत हैं।नौटंकी जैसी लोकनाट्य परंपराओं में गीत हैं। यानी हमारी कथा-परंपरा में संगीत और कहानी हमेशा साथ-साथ चले हैं। फिर आज हम उनसे शर्मिंदा क्यों हों? आज कई फिल्मकार गीतों को एक तरह की ‘नेसेसरी इविल’ समझते हैं। इसका असर भी साफ दिखाई देता है। कई बार गीत का उस दृश्य से कोई रिश्ता ही नहीं होता जो पर्दे पर चल रहा है। वह बस इसलिए मौजूद होता है कि एल्बम बिके, ‘स्ट्रीमिंग’ हो और कारोबार चलता रहे; लेकिन मेरे लिए गीत तभी सार्थक है, जब वह कहानी और किरदारों के साथ सांस ले। एक और बात मुझे परेशान करती है। आज संगीत की रफ्तार इतनी तेज हो गई है कि शब्दों को सांस लेने की मोहलत ही नहीं मिलती। धुन, ताल और तकनीक कई बार बोलों पर हावी हो जाते हैं, जबकि गीत की जान उसके अल्फाज में होती है। शब्द तभी असर करते हैं, जब उन्हें सुनने, समझने और महसूस करने का वक्त मिले। आज का संगीत कहीं-न-कहीं बाजार की जल्दबाजी का शिकार हो गया है। यह मान लिया गया है कि लोगों को सिर्फ तेज धुनें, डांस नंबर और जश्न के गीत चाहिए। मैं इससे इत्तेफाक नहीं रखता। - अरविंद मण्डलोई- संपादन और समन्वय

दैनिक भास्कर 9 Aug 2026 12:53 pm

सनी देओल बोले- 1947 के बंटवारे में परिवार टूटकर संभले:उसे हमने फिल्म में दिखाया, उसका सबसे ज्यादा असर पंजाब में हुआ

बॉलीवुड अभिनेता सनी देओल ने कहा कि उन्होंने 1947 के बंटवारे से जुड़ी कई कहानियां अपने बुजुर्गों से सुनी हैं। तब कई परिवार टूट गए थे। बाद में संभलने के लिए कैसे उन्होंने कश्मकश की, यही चीज हमने बंटवारा 1947 फिल्म में दिखाने की कोशिश की है। सनी देओल अपनी नई फिल्म के प्रमोशन के लिए बीते दिनों लखनऊ में थे। उन्होंने तब यह बात कही। सनी ओर उनके बेटे करण देओल ने दैनिक भास्कर से खास बातचीत की। इस दौरान सनी देओल ने फिल्म की कहानी, बंटवारे से जुड़ी यादों, फिल्म को लेकर अपनी उम्मीदों पर बात की। इसके अलावा, करण ने फिल्म की शूटिंग, पिता के साथ और उनके अपने प्रति व्यवहार को लेकर बात की। साथ ही दोनों पिता-पुत्र ने लखनऊ आने के अनुभव भी साझा किए। पढ़िए पूरा इंटरव्यू… सवाल : बंटवारे पर पहले भी बहुत सारी फिल्में बनी हैं। यह फिल्म उनसे कितना अलग होगी? जवाब : फिल्म के जैसे बहुत सारे ऐसे टॉपिक होते हैं, जिस पर बहुत काम हुआ होता है। इस फिल्म में जो बताने की कोशिश की गई है, शायद वह अब तक किसी ने कहा या बताया न हो। बंटवारे का सबसे ज्यादा असर पंजाब में हुआ। वहां लोगों को यह नहीं पता था कि कल सुबह उठकर क्या होगा। बंटवारे में एक फैमिली कैसे टूटती है, संभलती है और इकट्ठा होती है, उसे दिखाया है। सवाल : करण, इस फिल्म में किरदार निभाना कितना चुनौतीपूर्ण रहा? जवाब : यह फिल्म मेरे लिए बिल्कुल अलग जोन की थी। बहुत हार्ड वर्क किया। इसके लिए आदिशक्ति एक्टिंग वर्कशॉप गया। राज और आमिर सर के साथ काफी काम किया। करण के जवाब के बीच में सनी देओल बोले कि राज संतोषी ने इस कहानी को काफी सेलिब्रेट किया और सब हो गया। सवाल : इस फिल्म में आपका जोश और जुनून गदर फिल्म के जैसा लगा। क्या शूटिंग के समय आपको गदर की याद आई? जवाब : हमने यह कहानी साल 2010 में सुनी थी। उस समय से यह कहानी हमारे अंदर बस गई थी। आमिर ने भी इस कहानी को सुन रखा था, फिर हमने आमिर से कहा कि हम इसे बनाएंगे और फिल्म बन गई। सवाल : शूटिंग करते वक्त आपको क्या याद आया? उस दर्द को कितना महसूस किया? जवाब : जिस घर में हमारा बचपन गुजरा है, वहां हमारे बुजुर्ग बैठकर बंटवारे की कहानियों पर बात करते थे, उसे सुनकर हम बड़े हुए। उनकी बातें सुनकर हमें बहुत दुख होता था कि ऐसा भी हुआ है। उस समय वह बातें हमारे अंदर बैठ गईं और जब यह कहानी सुनाई गई तो हमने उस से खुद को बहुत जल्दी कनेक्ट कर लिया। फिर हमें तमाम पुरानी चीजें याद आ गईं। सवाल : सनीजी, आपने गदर की शूटिंग लखनऊ में की। ऐसे में शहर को कैसे याद करते हैं? यहां का जायका, जुबान या इमारतें क्या पसंद हैं? जवाब : लखनऊ से जो एक्सपीरियंस मिलता है, उसे कभी नहीं भूल सकता। लोग बहुत प्यार देते हैं। मुझे हमेशा यहां स्पेशल फील होता है। जब भी आता हूं तो यह सोचता हूं कि दोबारा लखनऊ कब आने को मिलेगा।

दैनिक भास्कर 9 Aug 2026 10:54 am

एक्ट्रेस चार्ली चौहान ने क्रिकेटर रमनदीप सिंह से की शादी:गुरुद्वारे में लिए फेरे, 8 साल तक सीक्रेट रखा रिलेशन, अर्शदीप सिंह समेत कई स्टार्स पहुंचे

टीवी एक्ट्रेस चार्ली चौहान ने कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के क्रिकेटर रमनदीप सिंह से शादी कर ली है। दोनों ने 7 गुरुद्वारे में सिख रीति-रिवाज से शादी की। इस शादी में परिवार के लोग और नजदीकी दोस्त शामिल हुए। चार्ली और रमनदीप पिछले 8 सालों से एक-दूसरे को डेट कर रहे थे, लेकिन उन्होंने अपने रिश्ते को मीडिया और फैंस से छिपाकर रखा था। शादी की तस्वीरें सोशल मीडिया पर शेयर करते हुए चार्ली ने लिखा कि 8 साल साथ रहने के बाद अब वे हमेशा के लिए एक हो गए हैं। देखें शादी की तस्वीरें … सिख रीति-रिवाज से हुई शादी, क्रिकेटर दोस्त पहुंचेशादी का आयोजन काफी सादगी से किया गया। इसमें क्रिकेटर अर्शदीप सिंह, नमन धीर, अश्विनी कुमार और जसइंदर सिंह जैसे करीबी दोस्त शामिल हुए। शादी के दौरान रमनदीप ने क्रीम कलर की शेरवानी और मेहरून पगड़ी पहनी थी, जबकि चार्ली मेहरून रंग के ट्रेडिशनल लहंगे और हैवी ज्वेलरी में नजर आईं। दोनों की शादी की तस्वीरें सामने आने के बाद भारतीय क्रिकेटर शुभमन गिल समेत टीवी और क्रिकेट जगत की हस्तियों ने उन्हें बधाई दी। दोनों का 8 साल पुराना था रिश्ताचार्ली और रमनदीप का अफेयर पिछले 8 सालों से चल रहा था। हालांकि दोनों ने कभी भी अपने रिश्ते का सोशल मीडिया पर सार्वजनिक रूप से खुलासा नहीं किया था। अचानक शादी की तस्वीरें सामने आने के बाद ही फैंस को इनके रिश्ते के बारे में पता चला। रमनदीप सिंह पंजाब के क्रिकेटर हैं और 2024 में आईपीएल खिताब जीतने वाली कोलकाता नाइट राइडर्स टीम का हिस्सा रहे हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत 2016-17 के डोमेस्टिक टी20 टूर्नामेंट से की थी। 'रोडीज 7' से की थी करियर की शुरुआतचार्ली चौहान ने अपने टीवी करियर की शुरुआत साल 2009 में 'एमटीवी रोडीज 7' से बतौर कंटेस्टेंट की थी। इसके बाद साल 2012 में उन्होंने 'गुमराह: एंड ऑफ इनोसेंस' से एक्टिंग में कदम रखा। उसी साल उन्हें चैनल वी के शो 'बेस्ट फ्रेंड्स फॉरएवर?' में इलाक्षी सिंह (इला) का मुख्य रोल मिला। इसके बाद 'कैसी ये यारियां' में मुक्ति वर्धन के किरदार से उन्हें घर-घर में पहचान मिली। उन्होंने 'प्यार तूने क्या किया', 'ये है आशिकी', 'इश्क किल्स' और 'एमटीवी वारियर हाई' जैसे कई शोज में काम किया है।

दैनिक भास्कर 9 Aug 2026 10:47 am

सोहेल की पार्टी में सलमान खान का पैपराजी को इशारा:उंगली दिखाकर बोले- रात में शोर मत मचाओ; हैट पहनकर ब्लैक लुक में पहुंचे

रियलिटी शो 'अलायंस' के खत्म होने के बाद अभिनेता सोहेल खान ने मुंबई में एक सक्सेस पार्टी रखी। इस पार्टी में उनके बड़े भाई और बॉलीवुड सुपरस्टार सलमान खान ऑल ब्लैक लुक और सिर पर हैट पहनकर स्वैग वाले अंदाज में पहुंचे। पार्टी में एंट्री और एक्जिट के दौरान जब बाहर खड़े पैपराजी जोर-जोर से चिल्लाने लगे, तो सलमान ने उंगली उठाकर उन्हें शांत रहने का इशारा किया। सलमान ने पैपराजी से इशारे में कहा कि रात काफी हो चुकी है, इसलिए शोर कम मचाएं। उंगली उठाकर पैपराजी को शांत रहने का दिया इशारावीडियो में सलमान खान अपनी कार के पास पैपराजी से घिरे नजर आ रहे हैं। जब फोटोग्राफर्स उनका नाम लेकर चिल्लाने लगे, तो सलमान ने तुरंत अपनी उंगली उठाकर उन्हें चुप रहने का इशारा किया। उन्होंने हाथ के इशारे से पैपराजी को समझाया कि रात हो गई है और आसपास के माहौल का ध्यान रखते हुए आवाज धीमी रखें। ऑल ब्लैक लुक और हैट में दिखे सलमान खानपार्टी के लिए सलमान खान ने खास लुक चुना था। वे ब्लैक टी-शर्ट, ब्लैक ब्लेजर और मैरून पैटर्न वाली पैंट में नजर आए। अपने लुक को पूरा करने के लिए उन्होंने सिर पर ब्लैक हैट लगाई हुई थी। सलमान का यह स्वैग और स्टाइल देखकर वहां मौजूद लोगों ने इस लुक की तारीफ की। कुशाल टंडन ने शेयर की अंदर की तस्वीरें, सोहेल संग दिए पोजपार्टी के अंदर से टीवी एक्टर कुशाल टंडन ने कई तस्वीरें अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर शेयर की हैं। एक तस्वीर में कुशाल, सलमान खान के साथ मुस्कुराते हुए पोज देते नजर आए। वहीं दूसरी फोटो में वे पार्टी के होस्ट सोहेल खान के साथ दिखे। सोहेल इस दौरान डांगरी पहने नजर आए। शो के होस्ट कुणाल खेमू और सोहा अली खान भी पहुंचेसोहेल खान की इस पार्टी में रियलिटी शो 'अलायंस' के होस्ट कुणाल खेमू अपनी पत्नी सोहा अली खान के साथ पहुंचे। शो के कई अन्य कंटेस्टेंट्स और फिल्म इंडस्ट्री के करीबी दोस्तों ने भी पार्टी में शिरकत की। सभी स्टार्स ने एक-साथ मिलकर शो की सफलता का जश्न मनाया। ये खबर भी पढ़ें सलमान खान के गैलेक्सी अपार्टमेंट के बाहर पुलिसकर्मी की मौत:लॉरेंस गैंग से सुरक्षा के लिए तैनात थे, ऑन ड्यूटी गिरे, डॉक्टर्स ने मृत घोषित किया बॉलीवुड स्टार सलमान खान के घर के बाहर तैनात पुलिसकर्मी की मौत हो गई है। रिपोर्ट में इसकी वजह हार्ट अटैक बताई जा रही है। मुंबई पुलिस के एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि कॉन्स्टेबल गणेश सलमान खान के घर के बाहर तैनात थे। उनकी उम्र 41 साल थी। वे उन पुलिसकर्मियों में शामिल थे, जो लॉरेंस बिश्नोई से सलमान की सुरक्षा के लिए तैनात किए गए थे। पूरी खबर पढ़ें

दैनिक भास्कर 9 Aug 2026 10:19 am

प्रीति जिंटा बोलीं-मोहाली मेरा घर, यहां मिला प्यार खास:अभिनेत्री ने पोस्ट की शेयर; मोहाली में सनी देयोल के साथ फिल्म की प्रमोशन को पहुंचीं

बॉलीवुड अभिनेत्री और किंग्स पंजाब की सह-मालकिन प्रीति जिंटा अपनी फिल्म ‘बंटवारा 1947’ के प्रमोशन के लिए गत दिनों मोहाली पहुंची थीं। इस दौरान उनके साथ अभिनेता सनी देओल भी मौजूद थे। दोनों ने मोहाली की एक निजी यूनिवर्सिटी में स्टूडेंट्स से मुलाकात की और उन्हें फिल्म देखने के लिए सिनेमाघरों में पहुंचने का न्योता दिया। इस मौके पर प्रीति जिंटा ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर पोस्ट कर लिखा, “मोहाली मेरा घर है और यहां वापस आकर जिस तरह का प्यार मिला, वह बेहद खास रहा।” सूट में एयरपोर्ट पर हुई स्पॉट प्रीति जिंटा का पंजाब से लगाव किसी से छिपा नहीं है। चंडीगढ़ एयरपोर्ट पहुंचने के दौरान भी उनके अंदाज ने लोगों का ध्यान खींचा। उन्होंने नारंगी रंग का बेहद खूबसूरत और वाइब्रेंट सलवार सूट पहना हुआ था। कानों में बड़े गोल्डन हूप्स इयररिंग्स, हाथों में कंगन और कलाई पर एलिगेंट वॉच पहनी थी। उन्होंने बाल खुले रखे थे और मेकअप काफी नेचुरल और मिनिमल रखा था। एयरपोर्ट पर कई फैंस ने उन्हें अपने कैमरे में कैद किया। वहीं, उन्होंने फैंस का अपनी स्माइल से दिल जीता। सनी देओल बेटे के साथ आए थे वहीं, सनी देओल के साथ उनके बड़े बेटे करण देओल भी मौजूद थे। दोनों ने चंडीगढ़ और मोहाली में फिल्म का प्रमोशन किया। फिल्म के प्रमोशन के लिए सनी देओल पंजाब में रोड ट्रिप कर रहे हैं। इसके बाद उन्होंने जालंधर और अमृतसर का भी दौरा किया।

दैनिक भास्कर 9 Aug 2026 9:59 am

Spider-Man ने तोड़ा बाहुबली का 9 साल पुराना 'महा रिकॉर्ड', कमाई में टॉपर निकली Super Hero फिल्म?

स्पाइडर-मैन ब्रांड न्यू डे कमाई के मामले में देशभर में शानदार प्रदर्शन करती हुई नजर आ रही है।

जागरण 9 Aug 2026 9:45 am

Aryabhatt Ka Zero Movie Review | उम्मीद, संघर्ष और आत्मसम्मान की इमोशनल कहानी, हिमांश कोहली और नीरज सूद का दमदार अभिनय

भारतीय सिनेमा में असफलता के बाद फिर से उठ खड़े होने और अपनी पहचान तलाशने की कहानियों की हमेशा से एक खास जगह रही है। कमल चंद्रा के निर्देशन में बनी फिल्म 'आर्यभट्ट का ज़ीरो' एक ऐसे ही मध्यमवर्गीय युवा के बिखरने और खुद को फिर से संवारने की कहानी है। हिमांश कोहली और सोनाली सहगल स्टारर यह फिल्म केवल UPSC की तैयारी या दिल टूटने का ड्रामा नहीं है, बल्कि यह एक बेटे की अपने पिता का सम्मान पाने और समाज द्वारा थपेड़े गए 'ज़ीरो' के टैग को मिटाने की इमोशनल जद्दोजहद है। कहानी और प्लॉट फिल्म की कहानी उत्तराखंड के एक साधारण परिवार से ताल्लुक रखने वाले ब्रह्मगुप्त श्रीवास्तव यानी 'बग्गू' (हिमांश कोहली) के इर्द-गिर्द घूमती है। बग्गू के पिता आर्यभट्ट श्रीवास्तव (नीरज सूद) एक सरकारी दफ्तर में ग्रुप-D कर्मचारी हैं, जिनकी अपने बेटे से बहुत बड़ी उम्मीदें हैं। बग्गू की जिंदगी में असली भूचाल तब आता है जब उसकी गर्लफ्रेंड रिंकू (सोनाली सहगल) उसकी नाकामी से तंग आकर एक SDM से शादी कर लेती है। दिल टूटने के बाद बग्गू दिल्ली के मुखर्जी नगर पहुँचता है और उस SDM से भी बड़ा अफसर बनने का संकल्प लेकर UPSC की तैयारी में जुट जाता है। हालांकि, बार-बार की नाकामी और रिश्तेदार-समाज का 'आर्यभट्ट का ज़ीरो' कहकर तंज कसना बग्गू का आत्मविश्वास तोड़ देता है। फिल्म इसी यात्रा को दर्शाती है कि क्या बग्गू समाज के तय मानकों से परे जाकर अपनी असली अहमियत को पहचान पाता है या नहीं। आर्यभट्ट का ज़ीरो: निर्देशन और तारिक़ मोहम्मद की लेखन शैली निर्देशक कमल चंद्र ने फ़िल्म को ज़्यादा ड्रामेबाज़ी और बनावटी दिखावे से दूर रखा है और असलियत के करीब रहने की कोशिश की है। उन्होंने एक छोटे शहर के नौजवान की सोच और मध्यम-वर्गीय परिवार के संघर्षों को सादगी और ईमानदारी से दिखाया है। हालाँकि लेखक तारिक़ मोहम्मद की कहानी शायद बहुत नई न लगे, लेकिन उनके संवाद और हालात स्वाभाविक और विश्वसनीय लगते हैं। पिता और बेटे के बीच की बातचीत खास तौर पर दिल को छू लेने वाली है, जो कई आम भारतीय परिवारों की सच्चाई को दर्शाती है। निर्देशक ने कॉमेडी और ड्रामा के बीच संतुलन बनाए रखने की भी कोशिश की है, जिससे कहानी दिलचस्प बनी रहती है। हालाँकि, कुछ हिस्सों में उनकी पकड़ कमज़ोर पड़ जाती है, खासकर तब जब फ़िल्म अपने मुख्य विषय से भटककर गैर-ज़रूरी उप-कहानियों में उलझ जाती है। आर्यभट्ट का ज़ीरो: तकनीकी पहलू और प्रोडक्शन वैल्यू तकनीकी नज़रिए से फ़िल्म का काम संतोषजनक है। सिनेमैटोग्राफ़ी ने उत्तराखंड के शांत नज़ारों और दिल्ली के मुखर्जी नगर की भीड़-भाड़ वाली गलियों के बीच के अंतर को खूबसूरती से दिखाया है। कैमरा वर्क सादगी भरा है और कहानी के मिज़ाज के अनुकूल है। बैकग्राउंड स्कोर भावनात्मक पलों को असरदार बनाता है और दर्शकों को किरदारों के संघर्ष से जुड़ने में मदद करता है। हालाँकि, एडिटिंग फ़िल्म के कमज़ोर पहलुओं में से एक है। अगर दूसरे हाफ़ में कुछ गैर-ज़रूरी दृश्यों को काट दिया जाता, तो फ़िल्म की गति और बेहतर होती। संगीत ठीक-ठाक है, कुछ गाने कहानी में स्वाभाविक रूप से घुल-मिल जाते हैं, लेकिन फ़िल्म खत्म होने के बाद कोई भी गाना लंबे समय तक याद नहीं रहता। इसे भी पढ़ें: Lock Upp 2 की विजेता बनीं Shreya Kalra! ट्रॉफी के साथ जीती 1 करोड़ रुपये की इनामी राशि, Netflix पर व्यूअरशिप ने तोड़े रिकॉर्ड्स आर्यभट्ट का ज़ीरो: परफॉर्मेंस परफॉर्मेंस की बात करें तो हिमांश कोहली ने ज़बरदस्त छाप छोड़ी है। 'बग्गू' के रोल में, उन्होंने एक परेशान, टूटे हुए लेकिन दिल से मासूम नौजवान के जज़्बातों को बहुत अच्छे से दिखाया है। हल्के-फुल्के पलों में उनकी कॉमिक टाइमिंग कमाल की है, जबकि उनकी आँखों में दिखने वाली बेबसी इमोशनल सीन को और भी असरदार बनाती है। नीरज सूद, बग्गू के पिता के रोल में फिल्म की इमोशनल जान हैं। उन्होंने एक मिडिल-क्लास पिता की बेबसी, गुस्से और बिना कहे प्यार को अपनी दिल को छू लेने वाली एक्टिंग से जीवंत कर दिया है। इसे भी पढ़ें: Bigg Boss OTT 2 फेम Jiya Shankar ने की सगाई, US के बिजनेसमैन कारन धनक को बनाया हमसफर, फ्लॉन्ट की डायमंड रिंग रवि किशन जब भी स्क्रीन पर आते हैं, अपने खास देसी अंदाज़ से दर्शकों के चेहरे पर मुस्कान ले आते हैं। उनका किरदार कहानी में हल्का-फुल्का मनोरंजन जोड़ता है। सोनाली सहगल ने प्रैक्टिकल और समझदार गर्लफ्रेंड 'रिंकू' के रोल के साथ पूरा न्याय किया है। हालाँकि दर्शना बनिक का रोल छोटा है, फिर भी वह अपनी एक्टिंग से छाप छोड़ने में कामयाब रही हैं। इसके अलावा, अलका अमीन, राजेश शर्मा और शिल्पा शिंदे जैसे अनुभवी सपोर्टिंग एक्टर्स ने भी फिल्म को और मज़बूत बनाया है। आर्यभट्ट का ज़ीरो: फिल्म कहाँ कमज़ोर पड़ जाती है कई अच्छी बातों के बावजूद, 'आर्यभट्ट का ज़ीरो' में कुछ कमियाँ हैं जो इसे एक बेहतरीन फिल्म बनने से रोकती हैं। पहली बात, कहानी में नयापन नहीं है। '12th फेल' और 'शादी में ज़रूर आना' जैसी फिल्मों के बाद, दिल टूटे प्रेमी का UPSC परीक्षा पास करने की कोशिश वाला प्लॉट अब थोड़ा जाना-पहचाना और पहले से अंदाज़ा लगाने लायक लगता है। दर्शक पहले ही अंदाज़ा लगा सकते हैं कि आगे क्या होने वाला है, जिससे सरप्राइज़ का एलिमेंट कम हो जाता है। फिल्म का दूसरा हाफ भी काफी धीमा हो जाता है। बग्गू के संघर्ष को दिखाने की कोशिश में, कई सीन दोहराव वाले लगने लगते हैं, जिससे फिल्म दर्शकों को थोड़ी उबाऊ लग सकती है। कुछ किरदारों का विकास और अचानक आए प्लॉट ट्विस्ट भी थोड़े बनावटी लगते हैं और उन्हें और बेहतर तरीके से लिखा जा सकता था। इसके अलावा, फिल्म का अंत वैसा असर नहीं छोड़ता जैसा होना चाहिए था और थोड़ा जल्दबाजी में किया हुआ लगता है। आर्यभट्ट का ज़ीरो: आखिरी फैसला 'आर्यभट्ट का ज़ीरो' एक साफ-सुथरी और सरल फिल्म है जो एक पॉज़िटिव मैसेज देती है और दर्शकों को याद दिलाती है कि किसी व्यक्ति की असफलता उसकी पहचान तय नहीं करती। हिमांश कोहली और नीरज सूद की शानदार एक्टिंग, पिता-बेटे का इमोशनल रिश्ता और हल्का-फुल्का ह्यूमर इस फिल्म को देखने लायक बनाते हैं। हालांकि, इसकी जानी-पहचानी कहानी और कमज़ोर दूसरा हाफ इसे उस मुकाम तक पहुँचने से रोकते हैं, जिसकी यह उम्मीद करती है। अगर आप बिना बहुत ज़्यादा उम्मीदें रखे परिवार के साथ देखने के लिए कोई हल्की-फुल्की, इमोशनल और प्रेरणादायक फ़िल्म ढूंढ रहे हैं, तो यह एक ऐसी फ़िल्म है जिसे आप कम से कम एक बार ज़रूर देख सकते हैं।

प्रभासाक्षी 6 Aug 2026 2:30 pm

4,000 मीटर की ऊंचाई पर खिलता है 'हिमालयी हीरा', 7 से 15 साल में सिर्फ एक बार आता है फूल

प्रकृति अपने अनोखे और दुर्लभ चमत्कारों से समय-समय पर लोगों को हैरान करती रहती है।

खास खबर 1 Aug 2026 12:53 pm