26/11 के हमले ने मुंबई को दहला दिया था, गोलियां थमीं, लेकिन इंसाफ की जंग जारी रही। आतंक के खिलाफ एक बड़ी लड़ाई अदालत में लड़ी गई। ‘प्रहार: द अनटोल्ड स्टोरी ऑफ उज्ज्वल निकम’ इसी कानूनी संघर्ष की कहानी है, जहां हथियारों की जगह दलीलें हैं और हर सबूत की अहमियत। राजकुमार राव और ललित प्रभाकर का दमदार अभिनय फिल्म को खास बनाता है। अदालत में इंसाफ की लड़ाई के साथ यह कहानी एक वकील की निजी जिंदगी में झांकती है, जहां देश की जिम्मेदारी और परिवार के बीच संतुलन बनाना आसान नहीं। अविनाश अरुण के निर्देशन में बनी 2 घंटे 20 मिनट की इस फिल्म को दैनिक भास्कर ने 4 स्टार रेटिंग दी है। कहानी: अदालत में मुकदमा, घर में रिश्तों का इम्तिहान फिल्म में उज्ज्वल निकम (राजकुमार राव) की कहानी दिखाई गई है, जो देश के जाने-माने सरकारी वकील हैं और 26/11 हमले के आरोपी अजमल कसाब को सजा दिलाने की कानूनी लड़ाई लड़ते हैं। कसाब (ललित प्रभाकर) के मुकदमे के साथ फिल्म उज्ज्वल की पत्नी ज्योति निकम (वामिका गब्बी) और बेटे अनिकेत के साथ उनके रिश्तों को भी दिखाती है। दूसरों को इंसाफ दिलाने की जिद में वह अपनी निजी जिंदगी को कितना वक्त दे पाते हैं, कहानी का भावनात्मक पहलू यही है। एक्टिंग: राजकुमार का ठहराव, ललित का दमदार अंदाज राजकुमार राव ने उज्ज्वल निकम के किरदार को गंभीरता और सहजता से निभाया है। उनके चेहरे के भाव और संवादों का ठहराव किरदार को विश्वसनीय बनाते हैं। वहीं, ललित प्रभाकर ने अजमल कसाब के किरदार में बेचैनी और असहजता पैदा की है। खासकर अंतिम हिस्से में उनका अभिनय ध्यान खींचता है। जयदीप अहलावत, सिकंदर खेर और आशीष विद्यार्थी अपने किरदारों को मजबूती देते हैं, जबकि वामिका गब्बी कहानी में भावनात्मक जुड़ाव लाती हैं। डायरेक्शन और सिनेमैटोग्राफी: गंभीर कहानी, कहीं धीमी रफ्तार अविनाश अरुण का निर्देशन कहानी को बेवजह के फिल्मी ड्रामे से दूर रखता है। अदालत की कार्यवाही और उज्ज्वल की निजी जिंदगी के बीच संतुलन बनाने की कोशिश अच्छी है। सिनेमैटोग्राफी भी फिल्म के गंभीर माहौल के अनुकूल है। हालांकि, कुछ हिस्सों में स्क्रीनप्ले धीमा पड़ता है। चर्चित घटनाओं से परिचित दर्शकों के लिए कुछ दृश्यों में और रोमांच पैदा किया जा सकता था।म्यूजिक: ‘मेरे रहते’ छोड़ता है असर फिल्म में एक ही गाना ‘मेरे रहते’ है, जो अंत में आता है और फिल्म खत्म होने के बाद भी भावनात्मक असर छोड़ता है। बैकग्राउंड स्कोर अदालत के तनाव को बढ़ाता है और कहानी की गंभीरता के साथ चलता है। फाइनल वर्डिक्ट ‘प्रहार’ की सबसे बड़ी ताकत राजकुमार राव और ललित प्रभाकर का अभिनय है। कुछ जगह धीमी रफ्तार के बावजूद फिल्म कोर्टरूम ड्रामा और वास्तविक घटनाओं पर आधारित कहानियां पसंद करने वालों को बांधे रखती है। यह याद दिलाती है कि गोलियां थमने के बाद भी इंसाफ की लड़ाई खत्म नहीं होती। ये खबर भी पढ़ें मूवी रिव्यू- 'जेलर 2':रजनीकांत का स्वैग बरकरार; एक्शन और सेलेब्स का मेला, कमजोर कहानी और ढीली स्क्रीनप्ले ने मजा किया किरकिरा रजनीकांत स्क्रीन पर आएं और दुश्मनों की हवा टाइट न हो, ऐसा भला कैसे हो सकता है! उनका चश्मा लगाने का अंदाज हो, चलने का स्टाइल हो या फिर विलेन को बिना ज्यादा कुछ बोले सबक सिखाने वाला स्वैग, थलाइवा के फैंस के लिए ये सब किसी ट्रीट से कम नहीं है। पूरी खबर पढ़ें
16 अक्टूबर 1948 आज से 78 साल पहले तमिलनाडु के अम्मानकुड़ी में जया लक्ष्मी प्रसव के आखिरी चरण में थीं। दो बेटे पहले से थे, तो तीसरे बच्चे के जन्म से पहले ही उन्होंने पति वी.एस.आर.चक्रवर्ती से कहा- ‘देखना, बेटी ही होगी। मैं उसका नाम हेमा मालिनी रखूंगी, जो बड़ी होकर क्लासिकल डांसर बनेगी।’ कमरे में दुर्गा, सरस्वती के बड़े-बड़े पोस्टर लगाए गए। जया लक्ष्मी की कही बात सच साबित हुई, अस्पताल में किलकारी गूंजी, बेटी हुई थी। नाम रखा गया हेमा मालिनी, जिसे आज पूरा देश ड्रीम गर्ल के नाम से भी जानता है। मां के फैसले के अनुसार, हेमा मालिनी पहले क्लासिकल डांसर बनीं और फिर हीरोइन, लेकिन यही स्टारडम वजह रहा कि उन्होंने अपने पिता को खो दिया। वजह रही एक पाकिस्तानी फैन का घर में घुसना और फिर किचन नाइफ से दहशत फैलाना। आज हेमा मालिनी के बर्थडे के खास मौके पर जानिए उनकी जिंदगी की रोचक कहानी- हेमा मालिनी ने होश संभाला ही था कि मां ने उनका दाखिला क्लासिकल डांसिंग में करवा दिया। खेल-कूद की कोई गुंजाइश ही नहीं थी। स्कूल से लौटते ही हेमा कभी डांस क्लास, तो कभी सिंगिंग क्लास जातीं। कोई टीचर सिखाने में कोताही बरतता, तो मां तुरंत क्लासेस बदल देतीं। कुछ सालों बाद परिवार दिल्ली आकर बसा। क्लासिकल डांस की ट्रेनिंग यहां भी जारी रही। हर आम बच्चे की तरह हेमा भी दिनभर खेलना चाहती थीं, लेकिन मां ने कुछ अलग सोच रखा था। वो हेमा के बालों में तेल डालकर चोटी बनातीं, बालों में फूल लगातीं, आंखों में काजल। टिपिकल मद्रासी लड़की की तरह घाघरा चोली पहनातीं। मां उन्हें सही ढंग से कपड़े पहनना और हाव-भाव की सीख देतीं। जब इस तरह वो कभी दिल्ली की सड़कों पर निकलतीं, तो आसपास से गुजरने वाले लोग उनका मजाक उड़ाते। हेमा इससे नाराज होतीं, तो मां कहतीं- ‘वह तुम्हें साउथ इंडियन कहते हैं, तो इसमें हर्ज क्या है, तुम साउथ इंडियन ही हो।’ कुछ साल बीते ही थे कि क्लासिकल डांस ट्रेनिंग सही ढंग से न मिल पाने के डर से जया लक्ष्मी ने पति से साफ कह दिया कि वह अपना ट्रांसफर मद्रास करवा लें। परिवार मद्रास आ गया। जल्द ही हेमा स्टेज शोज करने लगीं। एक ऐसे ही स्टेज शो में 13 साल की हेमा पर तमिल डायरेक्टर सीवी श्रीधर की नजर पड़ी। उन्होंने झट से हेमा को अगली फिल्म में कास्ट कर लिया। शूटिंग शुरू हुई। हेमा बड़े उत्साह के साथ 2 दिनों तक शूटिंग के सेट पर गईं। डायरेक्टर उनके नाम से नाखुश थे। सुझाव मिला कि नाम हेमा मालिनी की जगह सुजाता रख लिया जाए। फिर तीसरे दिन उन्हें ये कहकर फिल्म से निकाल दिया गया कि तुम बहुत दुबली-पतली हो, कभी हीरोइन नहीं बन पाओगी। 13 साल की बच्ची के लिए ये रिजेक्शन काफी भावुक रहा। मां ने तब मनोबल बढ़ाते हुए कहा- ये बस एक चैलेंज है, जिसे स्वीकार करना ही पड़ेगा। हेमा फिर मंच पर लौट गईं। कुछ समय बाद 1963 की फिल्म इंदु साथियम में हेमा मालिनी को एक गाने में डांस करने का मौका मिला। इसके बाद उन्हें कई तमिल फिल्मों में छोटे रोल दिए जाने लगे। साउथ फिल्ममेकर, प्रोड्यूसर बी. अनंत स्वामी ने हेमा के लिए नए रास्ते बनाए। वो उन्हें फिल्ममेकर्स से मिलवाते और उन्हें रोल दिलवाते। बी.अनंत स्वामी हिंदी फिल्में भी प्रोड्यूस करते थे। 60 के दशक के आखिर में उन्होंने राज कपूर को लेकर फिल्म शुरू की, नाम था सपनों का सौदागर, डायरेक्टर थे महेश कौल और हीरो थे राज कपूर। अनंत स्वामी ने इस फिल्म के लिए महेश कौल को हेमा मालिनी का नाम सुझाया। वह हेमा को स्क्रीनटेस्ट दिलाने के लिए राज कपूर के स्टूडियो लेकर गए। राज कपूर ने गांव की लड़की के गेटअप में टेस्ट लेना शुरू ही किया था कि हेमा झट से बोल पड़ीं- मुझे एक्टिंग की कोई जानकारी नहीं है। टेस्ट शुरू हुआ, हेमा ने चंद लाइनें कहीं। राज कपूर ने पहले कैमरे की स्क्रीन देखी और फिर सामने खड़ीं हेमा को और फिर पास खड़े डायरेक्टर महेश कौल से कहा- ‘इस लड़की को देखिए, ये एक दिन बहुत आगे जाएगी।’ राज कपूर के कहने पर हेमा को हिंदी फिल्म सपनों के सौदागर (1968) में कास्ट किया गया। फिल्म में हेमा मालिनी ने बंजारन का किरदार निभाया। फिल्म रिलीज होने को आई। हेमा को तब कोई नहीं जानता था। तभी अनंत स्वामी ने हेमा के परिचय का एक नया आइडिया खोज निकाला। एक टैग लाइन। अखबारों में हेमा मालिनी की तस्वीरें छपवाई गईं, नीचे लिखा गया- ‘राज कपूर की ड्रीम गर्ल।’ इस टैगलाइन और प्रमोशनल स्टंट का खास फायदा नहीं मिला। फिल्म एवरेज रही, लेकिन हेमा को हर कोई ड्रीम गर्ल कहने लगा। शुरुआती फिल्म से हेमा ज्यादा सफल नहीं रहीं, लेकिन जब उन्हें कामयाबी मिली, तो हर किसी ने उन्हें ड्रीम गर्ल बुलाना शुरू कर दिया। 1977 की फिल्म ड्रीम गर्ल का टाइटल, हेमा मालिनी पर ही रखा गया था। जब हेमा हिंदी सिनेमा में आईं, तब धर्मेंद्र स्टार बन चुके थे। वो हिंदी सिनेमा के सबसे हैंडसम एक्टर माने जाते थे। 1968 में फिल्मों में आने से पहले हेमा मालिनी, ख्वाजा अहमद अब्बास की फिल्म आसमान महल के प्रीमियर में पहुंचीं। नजर उठाई तो सामने धर्मेंद्र खड़े थे। स्वभाव से कोमल और कई चाहने वालों से घिरे हुए। हेमा ने देखा, तो देखती ही रह गईं। मन में एक आवाज आई- ‘इतना हैंडसम इंसान मैंने कभी नहीं देखा। उस दिन हेमा ने सोच लिया कि शादी करूंगी, तो ऐसे ही इंसान से करूंगी।’ एक ही इंडस्ट्री में होने के नाते दोनों का कई बार आमना-सामना हुआ। जल्द ही दोनों को फिल्म तुम हसीन मैं जवां में साथ साइन किया। साथ काम करते हुए दोनों एक-दूसरे को पसंद करने लगे। हेमा की उम्र 20 साल थी और धर्मेंद्र 34 साल के। बतौर लीड हीरोइन हेमा के करियर की यह तीसरी फिल्म थी। धर्मेंद्र 50 से ज्यादा फिल्मों में काम कर चुके थे। 24 जुलाई 1970 को फिल्म सिनेमा हॉल में रिलीज हुई, लेकिन तब तक फिल्म की कहानी कुछ-कुछ असल जिंदगी में भी दोहराई जाने लगी थी। इसी समय हेमा मालिनी को धर्मेंद्र की सिफारिश पर एक ऐसी फिल्म मिली, जिससे उन्होंने बड़े-बड़े स्टार्स को भी पीछे कर दिया। आशा पारेख को डबल रोल वाली एक फिल्म ऑफर हुई, नाम था सीता और गीता। धर्मेंद्र इसके हीरो होने वाले थे। आशा पारेख ने ये कहते हुए फिल्म ठुकरा दी कि ये फ्लॉप हो जाएगी। फिर नूतन के नाम पर विचार हुआ, लेकिन वो चुलबुले रोल के लिए ज्यादा ही मैच्योर थीं। आगे मुमताज को फिल्म ऑफर हुई। उन्होंने दोगुनी फीस की डिमांड की। मेकर्स ने उन्हें इनकार कर दिया। जब धर्मेंद्र को पता चला की कई एक्ट्रेसेस रोल ठुकरा चुकी हैं तो उन्होंने डायरेक्टर रमेश सिप्पी से कहा कि आप हेमा को कास्ट क्यों नहीं करते। हेमा को साइन किया गया। मेल डॉमिनेंट इंडस्ट्री में हेमा ने सीता और गीता बनकर अकेले फिल्म की कमान संभाली और धर्मेंद्र, संजीव कुमार फिल्म में सिर्फ साइड कैरेक्टर बनकर रह गए। और हेमा मालिनी को स्टारडम मिल गया और साथ ही मिला बेस्ट एक्ट्रेस का फिल्मफेयर अवॉर्ड। हेमा ने आगे दोस्त, गोरा और काला, गरम मसाला, दुल्हन जैसी कई फिल्में दीं। इस दौरान उन्होंने धर्मेंद्र के साथ भी बैक-टु-बैक कई फिल्में दीं। चाहनेवाले हेमा मालिनी और धर्मेंद्र को साथ देखना चाहते थे, लेकिन हेमा के परिवार को ये बात चुभती थी। धर्मेंद्र शादीशुदा थे और हेमा उनसे शादी करना चाहती थीं। परिवार के कहने पर भी हेमा, धर्मेंद्र से अलग होने के लिए तैयार नहीं हुईं, तो परिवार ने पाबंदी लगाना शुरू कर दी। हेमा धर्मेंद्र के साथ शूटिंग करतीं, तो परिवार के सदस्य साथ जाते। शोले की शूटिंग में भी यही सिलसिला शुरू हो गया, लेकिन धर्मेंद्र के लिए ये नुकसान की बात थी। दरअसल, उस समय संजीव कुमार भी हेमा को पसंद करते थे। उन्होंने एक बार शादी का प्रस्ताव भी भिजवाया था, जो हेमा ने इनकार कर दिया। जब शोले बनना शुरू हुई, तो धर्मेंद्र इस बात पर अड़ गए कि वो वीरू का नहीं ठाकुर का रोल करेंगे, जो संजीव कुमार को दिया जा रहा था। ऐसे में रमेश सिप्पी ने ये कहते हुए धर्मेंद्र को मनाया कि वीरू के बसंती बनीं हेमा के साथ रोमांटिक सीन हैं, लेकिन अगर ठाकुर बने, तो ये मौका हाथ से निकल जाएगा। धर्मेंद्र झट से मान गए, लेकिन सेट पर हेमा के परिवार की निगरानी, रोमांस में अड़चन दे रही थी। लेकिन धर्मेंद्र के पास इसका भी तोड़ था। उन्होंने कैमरामैन को रिश्वत दी कि रोमांटिक सीन करते हुए, वो बार-बार बहाने बनाकर कट बोलें, जिससे वो शूटिंग के बहाने हेमा को थामे खड़े रह सकें। ऐसा ही फिल्म चरस के सेट पर भी हुआ। धर्मेंद्र-हेमा को ट्रेवलिंग के लिए एक कार दी गई। दोनों बैकसीट पर साथ बैठते, लेकिन जैसे ही हेमा के पिता को इसकी भनक लगी, वो हेमा के साथ ट्रेवल करने लगे और इस बात का पूरा ख्याल रखते थे कि वो दोनों के बीच में बैठें। एक तरफ परिवार का दबाव था, दूसरी तरफ धर्मेंद्र की पत्नी प्रकाश कौर उन्हें तलाक नहीं देना चाहती थीं। हेमा को भी ऐसे में परिवार के आगे झुकना पड़ा। इसी समय जीतेंद्र ने दुल्हन फिल्म के सेट पर हेमा मालिनी का शादी का प्रस्ताव दिया। परिवार को खबर मिली, तो बात सगाई तक पहुंचा दी गई। चेन्नई में रसम होनी थी। धर्मेंद्र को इसकी खबर मिली, तो एक रात पहले वो रातभर ट्रंक कॉल कर हेमा को मनाते रहे कि भले ही वो प्रकाश को छोड़ न सकें, लेकिन उनका साथ उम्र भर निभाएंगे। हेमा भी उनसे ही शादी करना चाहती थीं। ऐसे में धर्मेंद्र रसम होने से ठीक पहले जीतेंद्र की गर्लफ्रेंड शोभा को लेकर चेन्नई पहुंचे और शादी तुड़वाई। हेमा और धर्मेंद्र के प्यार के आगे परिवार ने भी हार मान ली। दोनों ने 1980 में इस्लाम कबूल कर शादी की। दोनों की दो बेटियां ईशा और अहाना हुईं। हेमा मालिनी स्टार रहीं, लेकिन इसी स्टारडम से उन्हें एक बड़ा निजी नुकसान भी हुआ। 19 जुलाई 1978 की बात है, हेमा मालिनी के पिता घर के बाहर टहल रहे थे, तभी एक शख्स उनके पास आया और कहा- मैं हेमा मालिनी का फैन हूं, उनसे मिलने के लिए पाकिस्तान से यहां आया हूं। हेमा उस दिन घर में नहीं थीं, उनके पिता ने जवाब दिया- हेमा से मिलना मुमकिन नहीं है, आप फिर कभी आना। आसपास के लोगों से बात की तो पता चला कि वो शख्स पिछले कई दिनों से उनके घर के बाहर चक्कर काट रहा है। एक-दो बार उसे जबरदस्ती उनके घर में घुसने पर पुलिस भी पकड़ चुकी है। अगले दिन हेमा घर लौटीं, लेकिन पिता उन्हें ये बात नहीं बता सके। सभी ने रात को डिनर किया और सोने के लिए अपने-अपने कमरे में चले गए। रात के करीब 1 बजे थे कि उन्हें घर के पीछे की तरफ के किचन से नौकरानी की चीखों की आवाज आई। सभी घबराकर नीचे पहुंचे, तो वही शख्स रामपुरी चाकू, नौकरानी के गले में अड़ाए खड़ा था। घरवालों के पसीने छूट गए। जैसे ही हेमा पहुंचीं, शख्स एकटक उन्हें देखने लगा और उसके हाथ से चाकू छूट गई। घर के नौकरों ने उसे दबोच लिया। तभी हेमा के पिता पुलिस को इत्तेला करने के लिए लिविंग रूम की तरफ बढ़े, जहां कुछ कदम चलते ही वो फर्श पर धड़ाम गिर पड़े। अफरातफरी में नौकरों ने उस शख्स को छोड़ दिया और वो भाग निकला, तुरंत डॉक्टर बुलाया गया, जिसने शुरुआती जांच के बाद ही हेमा के पिता को मृत घोषित कर दिया। उन्हें दिल का दौरा पड़ा था। हेमा ने इस बड़े नुकसान के बाद भी पूरी शिद्दत से करियर पर फोकस किया। इसी बीच हेमा मालिनी को राज कपूर ने फिल्म सत्यम शिवम सुंदरम ऑफर की। राज कपूर ने उनसे कहा- ‘मैं जानता हूं तुम इनकार करोगी, फिर मैं चाहता हूं तुम ये फिल्म करो।’ हेमा शुरुआत में समझ नहीं पाईं, लेकिन जब उन्होंने स्क्रिप्ट सुनी तो उसमें बोल्ड किरदार और सीन जानकर उन्होंने वाकई इनकार कर दिया। उनके बाद ये रोल जीनत अमान को दिया गया। 1980 में जब उन्होंने धर्मेंद्र से शादी की, तो उन्हें हीरो की मां के रोल दिए जाने लगे। कुछ एक फिल्मों के बाद हेमा ने इस तरह के रोल से साफ इनकार कर दिया और क्रांति, नसीब, सत्ते पे सत्ता जैसी फिल्मों में बतौर लीड एक्ट्रेस काम किया। 90 के दशक की शुरुआत में हेमा मालिनी ने प्रोडक्शन से करियर की दूसरी पारी शुरू की। उन्होंने अपने प्रोडक्शन की पहली फिल्म दिल आशना है बनाई, जिससे टीवी एक्टर रहे शाहरुख खान ने बॉलीवुड डेब्यू किया। दरअसल, हेमा एक हीरो की तलाश में थीं। तभी उन्होंने शाहरुख खान का टीवी शो फौजी देखा। देखते ही उन्होंने शाहरुख को फिल्म में लेने का फैसला कर लिया। अगले दिन जब उन्होंने शाहरुख को कॉल कर कहा- ‘हैलो, मैं हेमा मालिनी बोल रही हूं, आपको फिल्म में लेना चाहती हूं।’ टीवी इंडस्ट्री में स्ट्रगल कर रहे शाहरुख इसे मजाक समझ बैठे और कॉल नजरअंदाज कर दिया। हालांकि हेमा मालिनी को बार-बार कॉल कर उन्हें मिलने बुलाना पड़ा। शाहरुख मिलने आए और उन्हें कास्ट कर लिया गया। शाहरुख कई मौकों पर फिल्मों में आने का क्रेडिट हेमा मालिनी को दे चुके हैं। इसके अलावा हेमा मालिनी ने टेल मी ओ खुदा (2011) भी डायरेक्टर की। 90 के दशक के आखिर तक हेमा मालिनी को साइड रोल दिए जाने लगे। इनमें उनकी सबसे चर्चित फिल्म बागबान (कल्ट) रही, जिसमें वो अमिताभ बच्चन के साथ नजर आईं। आगे उन्होंने बाबुल, वीर-जारा, लागा चुनरी में दाग, बुड्ढा होगा तेरा बाप जैसी कई फिल्मों में छोटे मोटे रोल किए। हेमा मालिनी ने 2004 में भारतीय जनता पार्टी में शामिल होकर राजनीति में कदम रखा। तब से अब तक वह राजनीति में एक्टिव हैं। वह राज्यसभा सांसद रहीं। 2010 में उन्हें भाजपा का महासचिव बनाया गया। 2014 में उन्होंने मथुरा लोकसभा सीट से चुनाव जीतकर राजनीति में कदम आगे बढ़ाया। इसके बाद 2019 और 2024 में भी वह मथुरा से चुनाव जीतीं। इस तरह उन्होंने लगातार तीन बार मथुरा सीट पर जीत दर्ज की।
रणबीर कपूर स्टारर फिल्म 'रामायण' का दूसरा ट्रेलर रिलीज कर दिया गया है। 2 मिनट 36 सेकेंड के इस ट्रेलर में पहले ट्रेलर के मुकाबले VFX और किरदारों के कॉस्टयूम में सुधार किया गया है। ट्रेलर में भगवान राम (रणबीर कपूर) और रावण (यश) के बीच धर्म और अधर्म के युद्ध को केंद्र में रखा गया है। ट्रेलर की शुरुआत एक वॉयसओवर से होती है, जिसमें इतिहास लिखे जाने से पहले की दुनिया का जिक्र है। इसमें दिखाया गया है कि कैसे अंधेरे की गहराइयों से रावण का उदय होता है। दुनिया भर में 5 नवंबर को रिलीज होने जा रही इस फिल्म का अंतरराष्ट्रीय नाम 'रामायण: द राइज ऑफ ए लीजेंड' रखा गया है। देखें दूसरे ट्रेलर की झलक … सीता स्वयंवर से लेकर जटायु और दानवी सेना के युद्ध दृश्य ट्रेलर में केवल राम और रावण के किरदारों का टकराव ही नहीं, बल्कि रामायण के कई महत्वपूर्ण प्रसंगों की झलकियां भी देखने को मिलती हैं। अभिनेत्री साई पल्लवी माता सीता के रूप में दीए जलाते और प्रार्थना करते दिखाई दे रही हैं। इसके अलावा भगवान राम के शिव धनुष उठाने के क्षण, भव्य महल, राक्षसों की सेना और आकाश में उड़ते जटायु के युद्ध दृश्यों को वीएफएक्स की मदद से दिखाया गया है। ट्रेलर के अंत में रावण पर हुए भालों के वार को खुद अपने हाथों से खींचकर फेंकते हुए उसकी शक्ति को दर्शाया गया है। लॉंच से पहले नमित मल्होत्रा का भावुक पोस्ट फिल्म के मेकर नमित मल्होत्रा ने एक्स (X) पर एक नोट शेयर किया, जिस पर उनके साथ निर्देशक नितेश तिवारी और यश के भी दस्तखत हैं। नमित ने लिखा कि जब उन्होंने 'रामायण' बनाने की शुरुआत की थी, तब उनका सपना भारत की इस महान गाथा को दुनिया के हर कोने तक पहुंचाना था। उन्होंने कहा कि सोनी पिक्चर्स के ग्लोबल कैंपेन के जरिए दुनिया भर के दर्शक पहली बार इस कहानी को इतने बड़े पैमाने पर देखेंगे। उन्होंने इसे देश के लिए गर्व का पल बताते हुए लिखा- 'हमारी सच्चाई, हमारा इतिहास, भारत से दुनिया तक, जय श्री राम'। राष्ट्रपति भवन में स्पेशल स्क्रीनिंग की तैयारी मिड-डे की रिपोर्ट के मुताबिक, मेकर्स नई दिल्ली स्थित राष्ट्रपति भवन में राजनीतिक हस्तियों और देश के शीर्ष नेताओं के लिए 'रामायण' की एक विशेष स्क्रीनिंग आयोजित करने की अनुमति मांग रहे हैं। अगर अनुमति मिलती है तो यह स्क्रीनिंग 5 नवंबर को फिल्म की ग्लोबल रिलीज के आसपास आयोजित की जाएगी। रणबीर कपूर, यश, साई पल्लवी और फिल्म के निर्देशक नितेश तिवारी शामिल हो सकते हैं। रणबीर कपूर बने हैं भगवान राम, यश निभा रहे रावण का रोल फिल्म 'रामायण' में बॉलीवुड और साउथ सिनेमा के बड़े कलाकार एक साथ नजर आने वाले हैं। रणबीर कपूर फिल्म में भगवान राम की भूमिका में हैं, जबकि साई पल्लवी माता सीता का किरदार निभा रही हैं। साउथ सुपरस्टार यश इस फिल्म में रावण के रोल में दिखेंगे। इसके अलावा सनी देओल हनुमान की भूमिका में हैं, जबकि रवि दुबे लक्ष्मण के किरदार में नजर आएंगे। फिल्म में अरुण गोविल, लारा दत्ता, रकुल प्रीत सिंह, विवेक ओबेरॉय और कुणाल कपूर भी अहम भूमिकाओं में शामिल हैं। 4000 करोड़ के बजट में बन रही देश की सबसे महंगी फिल्म 'दंगल' जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्म बना चुके डायरेक्टर नितेश तिवारी पिछले कई सालों से इस प्रोजेक्ट पर काम कर रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, दो भागों में बनने वाली इस फिल्म का कुल बजट 4000 करोड़ रुपए के करीब है, जो इसे भारतीय सिनेमा के इतिहास की सबसे महंगी फिल्म बनाता है। फिल्म के विजुअल इफेक्ट्स (VFX) की जिम्मेदारी ऑस्कर विनिंग कंपनी DNEG संभाल रही है। फिल्म के पहले पार्ट की शूटिंग पूरी हो चुकी है। ऑस्कर विनर्स एआर रहमान और हैंस जिमर दे रहे म्यूजिक फिल्म के संगीत को लेकर भी काफी समय से चर्चा बनी हुई है। इस फिल्म में दो दिग्गज म्यूजिशियन एआर रहमान और ऑस्कर विजेता हैंस जिमर पहली बार एक साथ मिलकर बैकग्राउंड स्कोर और संगीत तैयार कर रहे हैं। फिल्म का निर्माण नमित मल्होत्रा के प्राइम फोकस स्टूडियोज और एक्टर यश के मॉन्स्टर माइंड क्रिएशंस के तहत किया जा रहा है। इस ग्रैंड प्रोजेक्ट को दो भागों में बनाया जा रहा है, जिसका पहला पार्ट 5 नवंबर 2026 में दिवाली के मौके पर सिनेमाघरों में रिलीज होगा। यह खबर भी पढ़ें... 'रामायण' फिल्म के मेकर पर इनकम टैक्स रेड की खबर: नमित मल्होत्रा की कंपनी प्राइम फोकस के मुंबई दफ्तरों में जांच; विदेशी लेन-देन से जुड़ा मामला फिल्म ‘रामायण’ के निर्माता नमित मल्होत्रा की कंपनी प्राइम फोकस लिमिटेड के मुंबई स्थित दफ्तरों पर आयकर विभाग की छापेमारी की खबर सामने आई थी। CNBC-TV18 की रिपोर्ट के मुताबिक, यह कार्रवाई विदेशी लेन-देन में कथित गड़बड़ियों की जांच के सिलसिले में की गई थी। इस दौरान कंपनी के शेयरों में भी करीब 8% की गिरावट दर्ज की गई थी। पूरी खबर यहां पढ़ें…
अभिनेता अनुपम खेर ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ चल रहे प्रदर्शनों और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर की जा रही टिप्पणियों पर प्रतिक्रिया दी है। अनुपम खेर ने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो मैसेज जारी किया है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में सरकार से सवाल पूछना और विरोध प्रदर्शन करना सभी का अधिकार है, लेकिन प्रधानमंत्री और उनकी मां के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल करना और पुलिसकर्मियों से बदसलूकी करना बिल्कुल गलत है। अनुपम ने प्रदर्शनकारियों से वोट चोरी के दावों के कानूनी सबूत देने की मांग की है। 'गाली-गलौज से नहीं बनती विरोध की बात' अनुपम खेर ने कहा कि वे प्रधानमंत्री के खिलाफ इस्तेमाल की जा रही अभद्र भाषा से काफी आहत हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि देश के प्रधानमंत्री पद का सम्मान होना चाहिए। अनुपम के अनुसार, किसी भी मुद्दे पर असहमति और विरोध का अपना स्थान होता है, लेकिन अपनी बात रखने के लिए गाली-गलौज का सहारा लेना सही नहीं है। उन्होंने प्रदर्शन के दौरान महिला पुलिसकर्मियों के साथ की गई बदसलूकी, अभद्र व्यवहार और उकसावे वाली हरकतों पर भी कड़ा एतराज जताया। 'वोट चोरी के आरोप हैं तो सबूत पेश करें' मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और मतदाता सूची में गड़बड़ी के आरोपों पर बोलते हुए अनुपम खेर ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में आरोपों को साबित करने के लिए सबूत जरूरी होते हैं। उन्होंने कहा कि अगर प्रदर्शनकारियों को चुनाव प्रक्रिया या चुनाव आयोग पर कोई शक है, तो उन्हें कानूनी और संवैधानिक रास्तों का इस्तेमाल करते हुए सबूत पेश करने चाहिए। अनुपम ने कहा कि वे पिछले 12 सालों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कामों को देखकर उनके नेतृत्व पर पूरा भरोसा रखते हैं और देश के करोड़ों लोगों की इस आस्था का भी सम्मान होना चाहिए। 'भीगा हुआ आदमी बारिश से नहीं डरता' सोशल मीडिया पर खुद को 'अंधभक्त' या ट्रोल किए जाने की आशंका पर अनुपम खेर ने अपने दादाजी की एक सीख को याद किया। उन्होंने बताया कि जब वे बॉलीवुड में काम की तलाश में संघर्ष कर रहे थे और रेलवे प्लेटफॉर्म पर सोते थे, तब उनके दादाजी ने उनसे कहा था कि 'भीगा हुआ आदमी कभी बारिश से नहीं डरता'। अनुपम ने कहा कि अगर कुछ कलाकार प्रदर्शन के समर्थन में खड़े हो सकते हैं, तो सरकार के समर्थक भी अपनी बात खुलकर रख सकते हैं। वे किसी को खुश करने के लिए अपनी राय नहीं छिपाएंगे। CJP प्रदर्शन से जुड़ा है पूरा मामला यह विवाद कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) की ओर से मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ बुलाए गए देशव्यापी विरोध प्रदर्शन के बाद शुरू हुआ है। प्रदर्शनकारियों ने मतदाता सूची के पुनरीक्षण (SIR) में धांधली और वोट चोरी के आरोप लगाते हुए चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग की थी। दिल्ली के जंतर-मंतर और मुंबई के अगस्त क्रांति मैदान समेत कई जगहों पर हुए इन प्रदर्शनों के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी बहस हुई थी। मुंबई में प्रदर्शन के दौरान अभिनेता इमरान खान समेत कई लोगों को पुलिस ने हिरासत में भी लिया था, जिसके बाद से इस मुद्दे पर बयानबाजी जारी है। ये खबर भी पढ़ें अनुपम खेर@71; चेहरे पर लकवा मारा, फिर भी शूटिंग की:प्रोजेक्ट्स फ्लॉप हुए तो सिर्फ 400 रुपए बचे थे, रिकॉर्ड फिल्मफेयर अवॉर्ड जीते एक लड़का, जिसने नेशनल स्कूल ऑफ ड्रामा (NSD) से अभिनय की तालीम हासिल की और बड़े ख्वाबों के साथ मुंबई पहुंचा। उसे एक फिल्म में शानदार किरदार मिला और उसने छह महीने तक पूरी लगन और मेहनत से उसकी तैयारी की। पूरी खबर पढ़ें
नैनीताल की खूबसूरत नैनी झील इन दिनों फिल्म की शूटिंग का हिस्सा बनी हुई है। यहां फिल्म ‘पीएन 36’ की शूटिंग पिछले एक सप्ताह से चल रही है। अभिनेत्री जाह्नवी कपूर पर बोट हाउस क्लब के पास झील में गिरने के सीन फिल्माए जा रहे हैं। शुक्रवार को भी इसी स्थान पर शूटिंग जारी रहेगी। नयना देवी मंदिर में किए दर्शन फिल्म की शूटिंग के बीच जाह्नवी कपूर नवरात्रि के पहले दिन नयना देवी मंदिर पहुंची थीं। यहां उन्होंने पूजा-अर्चना की थी। फिल्म में उनके साथ साउथ की अभिनेत्री श्रीलीला और अभिनेता सिद्धार्थ गुप्ता भी नजर आएंगे। कहानी लीक होने से बचाने के लिए सुरक्षा स्विस होटल के प्रबंधक अनिल नेगी ने बताया कि फिल्म यूनिट के कई सदस्य उनके होटल में ठहरे हुए हैं। फिल्म की कहानी लीक होने की आशंका के चलते शूटिंग स्थल पर कड़ी सुरक्षा रखी गई है। नैनीताल में फिल्म का फिल्मांकन 20 अक्टूबर तक किया जाएगा।
फिल्म 'दृश्यम' में इंस्पेक्टर गायतोंडे का किरदार निभाने वाले अभिनेता कमलेश सावंत ने दिवंगत अभिनेता नाना पाटेकर से जुड़ा एक दिलचस्प किस्सा साझा किया है। पिंकविला को दिए एक इंटरव्यू में कमलेश ने बताया कि उन्होंने सुना था कि नाना पाटेकर अमिताभ बच्चन के साथ काम करने के लिए उनसे 1 रुपया ज्यादा फीस मांगते थे। हालांकि, उन्होंने यह भी साफ किया कि यह सुनी-सुनाई बात है और वे इसकी पुष्टि नहीं करते। इसके अलावा कमलेश ने नाना की संवाद शैली के दौर और उनके समाज सेवा के कामों को याद किया है। 8 अक्टूबर को 75 साल की उम्र में नाना पाटेकर का निधन हो गया था। 'बच्चन साहब से 1 रुपया ज्यादा लूंगा' कमलेश सावंत ने कहा कि उन्होंने नाना पाटेकर के साथ एक फिल्म में काम किया था, लेकिन उनके साथ कोई सीन नहीं था। उन्होंने बताया, मैंने एक किस्सा सुना था कि नाना पाटेकर ने कहा था कि अगर मैं बच्चन साहब के साथ काम करूंगा तो 1 रुपया ज्यादा लूंगा। जब अमिताभ बच्चन को 1 करोड़ रुपए दिए गए, तो नाना ने 1 करोड़ 1 रुपया लिया। 'कोहराम' फिल्म में साथ आए थे दोनों दिग्गज फिल्म रिकॉर्ड्स के मुताबिक, नाना पाटेकर और अमिताभ बच्चन ने साल 1999 में रिलीज हुई फिल्म 'कोहराम' में एक साथ काम किया था। उस दौर में अमिताभ बच्चन करीब 3 करोड़ रुपए फीस लेते थे, जबकि 'क्रांतिवीर' और 'अग्नि साक्षी' की सफलता के बाद नाना पाटेकर को प्रति फिल्म लगभग 1.25 करोड़ रुपए मिलते थे। उस समय नाना पाटेकर अमिताभ बच्चन के बाद इंडस्ट्री में सबसे ज्यादा फीस लेने वाले अभिनेताओं की सूची में शामिल थे। 'सिनेमाघरों में डायलॉग्स पर सन्नाटा छा जाता था' कमलेश सावंत ने बताया कि एक दौर में बॉलीवुड सिर्फ गानों और डांस पर चलता था, लेकिन नाना पाटेकर ने डायलॉग डिलीवरी का दौर शुरू किया और लोग उनके डायलॉग्स पर तालियां बजाते थे। उन्होंने मुंबई के गणेश टॉकीज और जय हिंद टॉकीज जैसे सिंगल स्क्रीन सिनेमाघरों का अनुभव शेयर करते हुए कहा कि केवल दो ही ऐसे कलाकार थे जिनके डायलॉग्स आने पर पूरे थिएटर में सन्नाटा छा जाता था- पहले अमिताभ बच्चन और दूसरे नाना पाटेकर। दर्शक उनके डायलॉग्स सुनने के लिए बिल्कुल शांत हो जाते थे। गांव के पानी का संकट दूर किया था कमलेश सावंत ने नाना पाटेकर के सामाजिक योगदान को याद करते हुए बताया कि महाराष्ट्र में उनके गांव 'कोलोशी वरचीवाड़ी' में पानी की गंभीर किल्लत थी। नाना पाटेकर की 'नाम फाउंडेशन' ने इस समस्या को दूर किया था। नाना खुद गांव पहुंचे थे और स्थिति को सुधारने में मदद की थी, जिसके बाद से गांव में पानी का कोई संकट नहीं है। कमलेश ने कहा कि नाना सिर्फ एक बेहतरीन कलाकार ही नहीं, बल्कि एक सक्रिय समाजसेवक भी थे। 8 अक्टूबर को हुआ था अचानक निधन 8 अक्टूबर 2026 को 75 वर्ष की उम्र में दिल का दौरा पड़ने से नाना पाटेकर का निधन हो गया था। कमलेश सावंत ने कहा कि उनका अचानक जाना सभी के लिए एक बड़ा झटका था, जिसे स्वीकार करना मुश्किल हो रहा है। वे किसी बीमारी से पीड़ित नहीं थे और उनका दृष्टिकोण काफी व्यापक था। यह खबर भी पढ़ें… रेपिस्ट के रोल पर नाना ने डायरेक्टर को गालियां दीं:'परिंदा' के क्लाईमैक्स में आग से झुलसे, आर्मी जॉइन करने के लिए रक्षामंत्री को फोन किया नाना पाटेकर ने अपने करीब पांच दशक के करियर में कई यादगार किरदार निभाए थे। नाना अपने बेबाक और गुस्सैल अंदाज के लिए भी जाने जाते थे। एक बार डायरेक्टर रवि चोपड़ा ने उन्हें फिल्म में रेपिस्ट का रोल ऑफर किया तो नाना भड़क गए और उन्हें गालियां तक दे दीं। बाद में स्मिता पाटिल के हस्तक्षेप से मामला शांत हुआ और नाना को फिल्म में अहम विलेन का किरदार मिला। परिंदा की शूटिंग के दौरान भी उनका डायरेक्टर विधु विनोद चोपड़ा से विवाद हुआ था। पूरी खबर यहां पढ़ें…
रजनीकांत स्क्रीन पर आएं और दुश्मनों की हवा टाइट न हो, ऐसा भला कैसे हो सकता है! उनका चश्मा लगाने का अंदाज हो, चलने का स्टाइल हो या फिर विलेन को बिना ज्यादा कुछ बोले सबक सिखाने वाला स्वैग, थलाइवा के फैंस के लिए ये सब किसी ट्रीट से कम नहीं है। फिल्म जेलर 2 में भी रजनीकांत का भौकाल बरकरार है। एक्शन है, कॉमेडी है, बड़े सितारों की मौजूदगी है और खूब सारा मसाला भी, लेकिन पिक्चर में एक लोचा है। सितारों की महफिल तो सजती है, मगर कहानी कई बार अपना रास्ता भटक जाती है। यानी टाइगर की दहाड़ सुनाई तो देती है, लेकिन हर बार कहानी में दम नजर नहीं आता। कहानी: टाइगर की वापसी रजनीकांत एक बार फिर टाइगर मुथुवेल पांडियन के अंदाज में नजर आते हैं। इस बार भी मामला अपराध, दुश्मनी, खतरनाक लोगों और परिवार की सुरक्षा के इर्द गिर्द घूमता है। कहानी में ऐसे मोड़ आते हैं, जो टाइगर को फिर एक बार एक्शन मोड में ले आते हैं। एस.जे. सूर्या का किरदार बोधि कलपाक, विद्या बालन का कांथा कलपाक और मिथुन चक्रवर्ती की मौजूदगी कहानी में नए रंग जोड़ती है। फिल्म में कई ऐसे पल हैं, जहां लगता है कि अब कोई बड़ा धमाका होने वाला है। कुछ जगह ये उम्मीद पूरी भी होती है, लेकिन कई बार कहानी एक ही तरह के मसाले को दोबारा परोसने लगती है। फिल्म में एक्शन और स्टार पावर की कमी नहीं है, मगर कहानी को और कसकर बुना जाता तो मजा दोगुना हो सकता था। कुछ घटनाएं जरूरत से ज्यादा सुविधाजनक लगती हैं और कहानी का फ्लो भी बीच बीच में टूटता है। एक्टिंग: थलाइवा का अपना स्वैग रजनीकांत की सबसे बड़ी ताकत उनका स्क्रीन प्रेजेंस है। वह फ्रेम में आते हैं तो नजरें अपने आप उन पर टिक जाती हैं। उनका अंदाज, डायलॉग डिलीवरी और एक्शन करने का स्टाइल आज भी फैंस को सीटियां बजाने का मौका देता है। उम्र के इस पड़ाव पर भी उनका स्टारडम फिल्म का सबसे बड़ा आकर्षण बना रहता है। एस.जे. सूर्या अपने अंदाज से ध्यान खींचते हैं। उनके किरदार में अलग तरह की एनर्जी है और वह रजनीकांत के सामने अपनी मौजूदगी दर्ज कराते हैं। विद्या बालन और मिथुन चक्रवर्ती जैसे कलाकार फिल्म की स्टार वैल्यू बढ़ाते हैं, हालांकि हर किरदार को बराबर दमदार स्पेस नहीं मिल पाता। कॉमेडी के मोर्चे पर योगी बाबू और बाकी कलाकार कुछ हल्के फुल्के पल देते हैं। फिल्म में सितारों की भरमार है, लेकिन हर एंट्री यादगार बन जाए, ऐसा जरूरी नहीं। कुछ जगह स्टार पावर कहानी से आगे निकलती नजर आती है। डायरेक्शन: मसाला भरपूर, पकड़ कमजोर नेल्सन दिलीप कुमार को पता है कि रजनीकांत के स्टारडम को स्क्रीन पर कैसे भुनाना है। हीरो की एंट्री, एक्शन सीक्वेंस और कॉमेडी के बीच तालमेल बैठाने की कोशिश साफ नजर आती है। फिल्म में कुछ ऐसे मोमेंट्स हैं, जो थिएटर में दर्शकों को उत्साहित कर सकते हैं। दिक्कत तब होती है, जब फिल्म अपने ही मसाले को बार बार दोहराने लगती है। पहली फिल्म की सफलता के बाद सीक्वल से उम्मीदें बढ़ जाती हैं, लेकिन सिर्फ बड़े एक्शन और स्टार कैमियो से मजबूत कहानी की कमी पूरी नहीं होती। फिल्म का दूसरा हिस्सा ज्यादा टाइट हो सकता था। कई जगह स्क्रीनप्ले की रफ्तार धीमी पड़ती है और कुछ ट्विस्ट उतना असर नहीं छोड़ते, जितनी उनसे उम्मीद की जाती है। सिनेमैटोग्राफी और टेक्निकल पक्ष विजय कार्तिक कन्नन की सिनेमैटोग्राफी एक्शन और बड़े सेटअप को प्रभावशाली बनाने में मदद करती है। फिल्म का विजुअल ट्रीटमेंट भव्य है और एक्शन सीक्वेंस में जरूरी स्केल नजर आता है। बैकग्राउंड स्कोर भी कई दृश्यों का असर बढ़ाता है। लेकिन करीब पौने तीन घंटे की फिल्म में एडिटिंग की अहमियत और बढ़ जाती है। कुछ हिस्सों को छोटा किया जाता तो कहानी ज्यादा चुस्त लगती। जहां फिल्म को तेजी से आगे बढ़ना चाहिए, वहां वह कभी कभी ठहर जाती है। यही वजह है कि कुछ एक्शन सीक्वेंस दमदार होने के बावजूद पूरी फिल्म का पेस एक जैसा नहीं रहता। म्यूजिक: एंट्री में दम, माहौल में जोश अनिरुद्ध रविचंदर का बैकग्राउंड स्कोर फिल्म के एक्शन और रजनीकांत की एंट्री को वजन देता है। कई दृश्यों में संगीत माहौल को ज्यादा रोमांचक बनाता है और थलाइवा के स्वैग को और बड़ा करता है। हालांकि, संगीत और एक्शन के बीच संतुलन हर जगह एक जैसा नहीं है। कुछ हिस्सों में फिल्म की रफ्तार बनाए रखने की जरूरत ज्यादा महसूस होती है। बैकग्राउंड स्कोर अपना काम करता है, लेकिन कहानी की कमजोरियों को पूरी तरह ढक नहीं पाता। कहां रह गई कमी? जेलर 2 की सबसे बड़ी ताकत रजनीकांत हैं और सबसे बड़ी कमजोरी कहानी का ढीला पड़ता फ्लो। फिल्म में एक्शन, कॉमेडी और बड़े सितारों का तड़का है, लेकिन कुछ घटनाएं जरूरत से ज्यादा खिंची हुई लगती हैं। दूसरे हिस्से में स्क्रीनप्ले की पकड़ कमजोर पड़ती है और क्लाइमैक्स भी उतना दमदार असर नहीं छोड़ता, जितनी उम्मीद बनती है। सीक्वल से पहली फिल्म जैसा जादू दोहराने की उम्मीद रहती है। यहां कुछ पल उस दिशा में जाते हैं, मगर पूरी फिल्म उस स्तर की निरंतरता नहीं बना पाती। फिल्म को लेकर फाइनल वर्डिक्ट जेलर 2 रजनीकांत के फैंस के लिए एक बार फिर थलाइवा का स्वैग देखने का मौका है। उनकी एंट्री, एक्शन और कुछ मजेदार पल फिल्म को मनोरंजक बनाते हैं। एस.जे. सूर्या की मौजूदगी भी फिल्म में दिलचस्पी बनाए रखती है। लेकिन कमजोर पड़ता स्क्रीनप्ले, खिंची हुई कहानी और कम असरदार क्लाइमैक्स मजे में रुकावट डालते हैं। कुल मिलाकर, फिल्म में जलवा भी है, सितारों का मेला भी और एक्शन का तड़का भी, लेकिन कहानी हर बार साथ नहीं देती। रजनीकांत के कट्टर फैंस के लिए मसाला मौजूद है, मगर पहली जेलर जैसी बिजली की उम्मीद लेकर जाएंगे तो थोड़ी कमी जरूर महसूस हो सकती है।
एक्टर इमरान खान के खिलाफ भारतीय नागरिकता न होने के बावजूद प्रोटेस्ट में शामिल होने पर शिकायत दर्ज हुई है। मुंबई पुलिस ने उन पर कार्रवाई करते हुए 28 अक्टूबर तक देश छोड़ने का आदेश दिया है। ये इस तरह का इकलौता मामला नहीं है। इससे पहले अक्षय कुमार, अदनान सामी, दिलजीत दोसांझ जैसे कई सेलेब्स की नागरिकता विवादों में रही है। कुछ ने विदेशों के बाद भारतीय नागरिकता ली, तो कुछ ने भारतीय नागरिकता छोड़ दी। इनके अलावा आलिया भट्ट, कटरीना कैफ जैसे कुछ सेलेब्स ऐसे भी हैं, जो सालों से भारत में काम कर रहे हैं, लेकिन उनके पास भारतीय नागरिकता नहीं है। इमरान खान के हालिया विवाद के बीच जानिए सिटिजनशिप से जुड़े सेलेब्स के विवादों की कहानी- पहले इमरान खान को भारत से निकाले जाने की सही वजह समझिए- नागरिकता से जुड़े सेलेब्स के ये 3 बड़े विवाद भी पढ़िए- 1. दिलजीत दोसांझ ने भारतीय नागरिकता छोड़ी, अब अमेरिकन सिटिजन हैं अमर सिंह चमकीला, गुड न्यूज और बॉर्डर 2 जैसे प्रोजेक्ट्स से जुड़े दिलजीत के पास 2018 तक भारतीय नागरिकता थी, हालांकि 2022 में उन्होंने अमेरिकी नागरिकता ले ली। तब से अब तक वह अमेरिकी पासपोर्ट होल्डर हैं। भारत में दोहरी नागरिकता का प्रावधान नहीं है, इसलिए वे अब भारत आने के लिए ई-वीजा का उपयोग करते हैं और उनके पास ओसीआई (OCI) कार्ड भी नहीं है। 2. अक्षय कुमार के पास थी कनाडाई नागरिकता, विवादों के बीच इंडियन सिजिटनशिप हासिल की अक्षय कुमार की नागरिकता का विवाद 2019 के लोकसभा चुनाव के दौरान बड़ा मुद्दा बना। दरअसल, अमृतसर में जन्में अक्षय कुमार ने करियर के शुरुआती दौर में कनाडा की नागरिकता हासिल की थी। उन्हें भारत में अच्छा काम नहीं मिल रहा था, ऐसे में वो कनाडा के नागरिक बनकर वहीं काम करने लगे। बाद में भारत में उनका फिल्मी करियर फिर चल निकला, लेकिन उन्होंने कनाडाई नागरिकता ही रखी और डॉक्यूमेंटेशन नहीं करवाया। वह लगातार कनाडा के पासपोर्ट से ही ट्रेवल करते थे। विवाद पर अक्षय का जवाब रहा कि उन्होंने कहा कि उन्होंने कभी कनाडाई पासपोर्ट रखने की बात नहीं छिपाई। उन्होंने यह भी कहा कि भारतीय होने पर बार-बार सफाई देना उन्हें दुख पहुंचाता है। विवादों के बीच अक्षय कुमार ने भारतीय नागरिकता हासिल करने के लिए आवेदन किया। 15 अगस्त 2023 को उन्होंने भारतीय नागरिकता मिलने की पुष्टि की। उन्होंने कनाडाई नागरिकता छोड़ दी। 3. अदनान सामी लंदन में जन्में, पाकिस्तानी नागरिकता ली, फिर भारतीय नागरिकता बने अदनान सामी का जन्म लंदन में हुआ था और वे पाकिस्तानी नागरिक रहे। बाद में उन्होंने भारतीय नागरिकता हासिल की। दरअसल, 2001 में अदनान सामी पाकिस्तान से भारत आए थे। भारत-पाकिस्तान के बीच तनावपूर्ण रिश्ते होने के चलते उनका पाकिस्तानी नागरिकता के साथ भारत में रहकर काम करना विवादों में रहा। 2015 में जब उनके पाकिस्तानी पासपोर्ट की वैधता समाप्त हो गई, तो उन्होंने भारत में रहने और भारतीय नागरिकता हासिल करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई। 1 जनवरी 2016 को उन्हें भारतीय नागरिकता मिल गई। इसके बाद वे आधिकारिक तौर पर भारतीय नागरिक बन गए। भारत में दोहरी नागरिकता का क्या नियम है? भारत में नागरिकता को लेकर एक अहम कानूनी व्यवस्था है। भारतीय संविधान और नागरिकता अधिनियम, 1955 के तहत भारत और किसी दूसरे देश की नागरिकता एक साथ रखने की सामान्य अनुमति नहीं है, जबकि दूसरे कुछ देशों में दोहरी नागरिकता रखी जा सकती है। यदि कोई भारतीय नागरिक स्वेच्छा से किसी दूसरे देश की नागरिकता हासिल करता है, तो नागरिकता अधिनियम की धारा 9 के तहत उसकी भारतीय नागरिकता समाप्त हो जाती है। इन सेलेब्स के पास अब भी नहीं है भारतीय नागरिकता कैटरीना कैफ- ब्रिटिश नागरिक हांगकांग में जन्मीं कैटरीना की मां ब्रिटिश हैं। वह ब्रिटिश नागरिकता रखती हैं। आलिया भट्ट- ब्रिटिश नागरिक मुंबई में जन्मीं आलिया के पास ब्रिटिश नागरिकता है। उनकी मां सोनी राजदान का जन्म ब्रिटेन में हुआ था। जैकलीन फर्नांडिस- श्रीलंकाई नागरिक जैकलीन का जन्म बहरीन में हुआ था। उन्होंने 2006 में मिस यूनिवर्स श्रीलंका का खिताब जीता और बाद में बॉलीवुड में करियर बनाया। नोरा फतेही- कनाडाई नागरिक नोरा का जन्म कनाडा में हुआ और उनकी पारिवारिक जड़ें मोरक्को से जुड़ी हैं। उन्होंने हिंदी फिल्मों, डांस नंबर्स और रियलिटी शोज से लोकप्रियता हासिल की। सनी लियोनी- कनाडाई और अमेरिकी नागरिकता सनी लियोनी का जन्म कनाडा में हुआ था। उन्होंने भारतीय मनोरंजन जगत में फिल्मों, रियलिटी टीवी और अन्य प्रोजेक्ट्स के जरिए पहचान बनाई। उनकी नागरिकता को लेकर प्रकाशित रिपोर्टों में कनाडाई और अमेरिकी नागरिकता का उल्लेख मिलता है। कल्कि कोचलिन- फ्रांस की नागरिकता कल्कि कोचलिन का जन्म पुडुचेरी में हुआ था। वह फ्रांस की नागरिक हैं और भारतीय फिल्मों में लंबे समय से काम कर रही हैं। उन्हें ‘देव डी’ से पहचान मिली। वह ‘जिंदगी ना मिलेगी दोबारा’ और ‘ये जवानी है दीवानी’ में भी नजर आईं। इलियाना डिक्रूज- पुर्तगाल की नागरिकता इलियाना डिक्रूज ने अपने करियर की शुरुआत तेलुगु फिल्मों से की थी। बाद में उन्होंने बॉलीवुड में भी पहचान बनाई। उनकी हिंदी फिल्मों में ‘बर्फी!’, ‘मैं तेरा हीरो’, ‘रुस्तम’ और ‘रेड’ शामिल हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, उनके पास पुर्तगाल की नागरिकता है। भारतीय नागरिकता नहीं, तो भारत में कैसे काम करते हैं सेलेब्स? 3 पॉइंट्स में जानिए- 1. OCI कार्ड से मिलती है भारत में रहने की सुविधाआलिया भट्ट, कैटरीना कैफ और इमरान खान जैसे भारतीय मूल के कुछ कलाकारों के पास विदेशी नागरिकता है। पात्र विदेशी नागरिक OCI (Overseas Citizen of India) कार्ड के जरिए भारत में रहने और कई तरह की आर्थिक, शैक्षणिक व अन्य गतिविधियों में हिस्सा लेने की सुविधाएं पा सकते हैं। हालांकि, OCI भारतीय नागरिकता नहीं है और इसके साथ राजनीतिक अधिकार नहीं मिलते। 2. फिल्मों में काम करने के लिए क्या जरूरी है?विदेशी नागरिकों के लिए भारत में काम करने की अनुमति उनकी नागरिकता, इमिग्रेशन स्टेटस और लागू नियमों पर निर्भर करती है। OCI कार्डधारकों को भारत में आर्थिक, शैक्षणिक और अन्य गतिविधियों के लिए सामान्य विदेशी नागरिकों से अलग सुविधाएं मिलती हैं। वहीं, अन्य विदेशी कलाकारों को अपने काम और भारत में रहने की स्थिति के अनुसार लागू वीजा और अनुमति संबंधी नियमों का पालन करना होता है। 3. विदेशी नागरिकता का मतलब भारत में सभी अधिकार मिलना नहींविदेशी पासपोर्ट रखने वाले कलाकार भारत में फिल्में कर सकते हैं, लेकिन उन्हें भारतीय नागरिकों के समान सभी अधिकार नहीं मिलते। वे सिर्फ विदेशी नागरिकता या OCI कार्ड के आधार पर भारत में वोट नहीं डाल सकते और न ही चुनाव लड़ सकते हैं। राजनीतिक गतिविधियों में भागीदारी पर लागू नियमों का पालन करना भी जरूरी है।क्या कटरीना, आलिया को भारतीय नागरिकों से शादी करने पर छूट मिलती है? नहीं, कटरीना कैफ ने भारतीय नागरिकता रखने वाले विक्की कौशल से और आलिया ने रणबीर कपूर से शादी की। हालांकि इससे उन्हें कोई खास छूट नहीं मिलती। नियम के अनुसार, वह 7 सालों तक सामान्य निवास की शर्तें पूरी करने के बाद ही नागरिकता के लिए आवेदन कर सकती हैं।
शो ‘कॉफी विद करण’ में सलमान खान ने कहा कि भविष्य में उनके बच्चे जरूर होंगे। बुधवार को जियोहॉटस्टार पर स्ट्रीम हुए शो के पहले एपिसोड में सलमान ने शादी, अकेलेपन और निजी जिंदगी पर बात की। सलमान खान करण जौहर के चैट शो ‘कॉफी विद करण 9’ के पहले एपिसोड में नजर आए। शो में करिश्मा कपूर भी पहुंची थीं। बातचीत के दौरान सलमान ने शादी, पिता बनने की इच्छा और अपनी जिंदगी पर फिल्म बनाए जाने से जुड़े सवालों के जवाब दिए। करण ने सलमान से पिता बनने की इच्छा के बारे में पूछा। इस पर एक्टर ने कहा कि किसी न किसी समय उनके बच्चे जरूर होंगे। उन्होंने करण के बच्चों का जिक्र करते हुए कहा कि वह उनके लिए खुश हैं और उन्हें पिता बनने का अनुभव मिला है। शादी को लेकर सलमान ने करण से कहा कि किसी ने आपको उससे नहीं रोका करण। मुझे भी किसी ने नहीं रोका, यह बस इतना है कि आपने खुद को रोका और मैंने खुद को रोका, तो आप यह शिकायत नहीं कर सकते कि मैं यह चाहता था और पूरी दुनिया मेरे खिलाफ हो गई और यही कारण है कि मैं किसी साथी के साथ नहीं रह सका। मैं किसी को दोष नहीं दे सकता, यह मेरा फैसला है और मैं उस फैसले से खुश हूं। लेकिन हां, बच्चे आएंगे। 'मैं वर्जिन हूं' वाले बयान पर दी सफाई करण ने सलमान से उनके करीब 13 साल पुराने ‘मैं वर्जिन हूं’ वाले बयान के बारे में भी पूछा। सलमान ने कहा कि वह अपनी निजी जिंदगी के बारे में बात नहीं करना चाहते थे। उनके मुताबिक, किसी रिश्ते के बारे में सार्वजनिक रूप से बात करते समय यह पता नहीं होता कि सामने वाला व्यक्ति भविष्य में भी आपकी जिंदगी का हिस्सा रहेगा या नहीं। सलमान ने अपने पिता सलीम खान की सीख भी याद की। उन्होंने बताया कि उनके पिता कहते थे कि निजी जिंदगी बेडरूम की तरह है और पूरी दुनिया लिविंग रूम की तरह। यानी सार्वजनिक जीवन में सबके सामने बात की जा सकती है, लेकिन निजी जिंदगी की बातें निजी ही रहनी चाहिए। संजय दत्त ने भी बच्चों को लेकर की बात शो में संजय दत्त का एक वीडियो भी दिखाया गया। इसमें उन्होंने कहा, “उन्हें (सलमान) बच्चों से बहुत प्यार है। हम चाहते हैं कि वे अपनी जिंदगी में सेटल हो जाएं। हम तो यह भी चाहते हैं कि उनके बच्चे हों, ताकि हमारी गोद में एक छोटा सलमान आ सके। हमें एक बच्चा दो! वैसे भी, शादी करके क्यों फंसना? हम सभी शादीशुदा लोग तो पहले से ही फंसे हुए हैं। मुझे तुम पर हमेशा गर्व रहेगा और मैं तुमसे बहुत प्यार करता हूं।” सलमान की बायोपिक नहीं बनेगी रैपिड फायर राउंड के दौरान करिश्मा कपूर ने सलमान से पूछा कि अगर उनकी जिंदगी पर बायोपिक बने, तो वह किस डायरेक्टर को चुनेंगे। इस पर सलमान ने सूरज बड़जात्या, कबीर खान, संजय लीला भंसाली और डेविड धवन के नाम लिए। सलमान ने कहा कि अगर उनकी जिंदगी पर कॉमेडी फिल्म बने, तो डेविड धवन सही रहेंगे। पारंपरिक और दर्दभरी प्रेम कहानी के लिए उन्होंने संजय लीला भंसाली का नाम लिया। कई खूबसूरत प्रेम कहानियों के लिए सूरज बड़जात्या और एक्शन से भरपूर प्रेम कहानी के लिए कबीर खान को बेस्ट बताया। हालांकि, इसके बाद सलमान ने साफ किया कि उनकी जिंदगी पर बायोपिक कभी नहीं बनेगी। उन्होंने कहा, “मेरी जिंदगी मेरी कब्र तक जाएगी।” कमरे में किसी की मौजूदगी महसूस होती थी: सलमान शो में सलमान ने बताया कि उन्हें अपने कमरे में हमेशा किसी की मौजूदगी का एहसास होता था। उन्होंने कहा कि कई बार उनकी अलमारी अपने आप खुल जाती थी और अचानक म्यूजिक बजने लगता था। हालांकि, सलमान के मुताबिक, उन्हें कभी इससे डर नहीं लगा, क्योंकि उस मौजूदगी ने उन्हें कभी नुकसान नहीं पहुंचाया। करण जौहर ने ‘कुछ कुछ होता है’ की कहानी सुनाने के लिए सलमान के घर जाने का किस्सा याद किया। उन्होंने बताया कि उस समय पूरा परिवार एक साथ रहता था। सलमान का कमरा काफी छोटा था, जिसमें एक क्लोजेट, अलमारी और बिस्तर था। करण की बात बीच में काटते हुए सलमान ने कहा, “तुम्हें पता है, मैं कभी उस कमरे में अकेले नहीं था? उस कमरे में हमेशा मेरे साथ कोई रहता था, जिसे मैंने कभी देखा नहीं। सिर्फ सुना और अपने पीछे महसूस किया है।” सलमान ने आगे बताया कि जब भी वह कमरे से बाहर आते, तो लाइटें अपने आप जलने-बुझने लगती थीं, अलमारियां खुल जाती थीं और म्यूजिक बजने लगता था। उन्होंने बाथरूम में रहते हुए भी अलमारी के पास किसी की मौजूदगी महसूस करने का जिक्र किया। करण ने पूछा कि क्या उन्हें वहां भूत-प्रेत होने का एहसास हुआ था? इस पर सलमान ने कहा कि उन्हें भूत-प्रेत नहीं, बल्कि किसी की मौजूदगी महसूस होती थी। उन्होंने दोहराया कि उन्हें इससे कभी डर नहीं लगा, क्योंकि उस मौजूदगी ने उन्हें कभी नुकसान नहीं पहुंचाया।
एक्टर इमरान खान को मुंबई पुलिस ने नोटिस जारी कर 28 अक्टूबर तक भारत छोड़ने का निर्देश दिया है। इमरान 10 अक्टूबर को मुंबई के अगस्त क्रांति मैदान में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन में शामिल हुए थे। मुंबई पुलिस ने इमरान खान को 10 अक्टूबर को हिरासत में लिया था। वे 22-23 जुलाई को नीट पेपर लीक के विरोध में हुए कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन में भी शामिल हुए थे। पुलिस के मुताबिक, इमरान भारतीय नागरिक नहीं हैं और विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए थे। इस मामले में उनके खिलाफ इमिग्रेशन एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है। इमरान खान का जन्म अमेरिका में हुआ था प्रोटेस्ट के दौरान एक्टर को डिटेन किया था प्रदर्शन के दौरान शनिवार को हिरासत में लिए जाने के बाद इमरान खान ने पुलिस वैन के अंदर से अपनी एक तस्वीर सोशल मीडिया पर शेयर की थी। उन्होंने लिखा था, 'लगता है मैं ड्राइव पर जा रहा हूं'। वैन के अंदर से सामने आए एक वीडियो में जब उनकी कजिन जैन ने उनसे पूछा कि क्या वे कभी जेल गए हैं, तो इमरान ने कहा कि अभी जो हालात हैं, उसे देखकर इसके चांस लग रहे हैं। मीडिया से बातचीत में इमरान ने कहा कि उन्हें बिना वजह सड़क से उठाकर वैन में बैठा दिया गया था। रिहाई के बाद पैदल घर लौटे हिरासत से छूटने के बाद लेखा वाशिंगटन ने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो शेयर कर दावा किया कि पुलिस ने उन्हें रिहाई के बाद कोई कार या कैब नहीं करने दी। लेखा ने बताया कि उनका मोबाइल भी जमा करा लिया गया था, जिसके बाद वे इमरान और जैन के साथ पैदल ही घर की तरफ निकले। वहीं, इमरान खान ने बताया कि रिहाई से पहले उन्हें और अन्य लोगों को करीब दो घंटे तक पुलिस वैन में घुमाया गया था।
मसूरी में बॉलीवुड एक्टर अक्षय कुमार की तबीयत बिगड़ गई। उनकी पीठ में खिंचाव आने और ठंड के कारण दर्द होने की बात सामने आई है। इसके बाद उन्हें देहरादून के राजपुर स्थित एक सीक्रेट गेस्ट हाउस में रुकना पड़ा, जहां डॉक्टर उनका इलाज कर रहे हैं। अक्षय कुमार की टीम के अनुसार, मसूरी के लाइब्रेरी चौक पर शूटिंग के दौरान अचानक उन्हें दर्द उठा, जिसके बाद शूटिंग रोकनी पड़ी। वह मंगलवार को दिल्ली से सड़क मार्ग के जरिए कार से उत्तराखंड पहुंचे थे। उन्हें यहां दो दिन तक शूटिंग करनी थी। बुधवार सुबह उन्हें शूटिंग के लिए मसूरी पहुंचना था, लेकिन तबीयत बिगड़ने के कारण वह मसूरी नहीं पहुंच पाए। फिल्म 'समुक' की शूटिंग के लिए पहुंचे उत्तराखंड अक्षय कुमार इन दिनों साइंस-फिक्शन सर्वाइवल थ्रिलर फिल्म 'समुक' की शूटिंग कर रहे हैं। फिल्म के निर्माता विपुल अमृतलाल शाह हैं, जबकि निर्देशन कनिष्क वर्मा कर रहे हैं। फिल्म का ब्रिटेन शेड्यूल हाल ही में पूरा हुआ है। इसे 2027 में रिलीज करने की योजना है। इससे पहले भी अक्षय कुमार मसूरी में शूटिंग कर चुके हैं। अक्षय कुमार मई 2023 में उत्तराखंड आए थे। उस दौरान उन्होंने फिल्म 'शंकरा' की शूटिंग के लिए रुड़की और आसपास के इलाकों का दौरा किया था। इस दौरान उन्होंने केदारनाथ और बद्रीनाथ धाम के दर्शन कर पूजा-अर्चना की थी। उन्होंने देहरादून में सीएम पुष्कर सिंह धामी से उनके सरकारी आवास पर मुलाकात भी की थी। इससे पहले 18 फरवरी 2022 में वह फिल्म 'कठपुतली' की शूटिंग के लिए मसूरी और देहरादून आए थे। इस दौरान उन्होंने सीमाद्वार स्थित ITBP परिसर में विश्वस्तरीय वॉलीबॉल ग्राउंड का उद्घाटन किया और जवानों के साथ सद्भावना मैच खेला। उन्होंने देश की सुरक्षा में जवानों के योगदान की सराहना की। हम इस खबर को लगातार अपडेट कर रहे हैं….
सलमान खान ने बुधवार देर रात अपने पिता सलीम खान के साथ तस्वीरें शेयर कीं। इन तस्वीरों में दोनों मैचिंग काउबॉय हैट पहने नजर आए। सलमान ने सलीम खान के साथ तस्वीरों की सीरीज इंस्टाग्राम पर पोस्ट की। पहली 3 तस्वीरों में सलमान कुर्सी पर बैठे सलीम को पीछे से गले लगाते दिखे। सलमान इस ट्विनिंग मोमेंट में काफी खुश नजर आए। आखिरी तस्वीर में सलमान पिता के पास बैठे और उनका हाथ पकड़े दिखे। तस्वीरें शेयर करते हुए सलमान ने लिखा, “हाउडी पार्टनर! ही-हॉ! 91 की उम्र में एक... बाप तो बाप होता है। वह असली मॉन्स्टर हैं। हम सब के बाप में है दम वंदे मातरम्।” उन्होंने आगे लिखा, “एक और दिन नहीं होता , एक और दिन कम होता है। आप लोग समझ रहे हैं? भगवान दयालु रहे हैं।” सलमान अब भी पिता से करियर की सलाह लेते हैं वैरायटी इंडिया को दिए इंटरव्यू में सलमान ने बताया था कि वह अब भी अपने पिता से करियर की सलाह लेते हैं। उन्होंने कहा, “आज भी अगर मैं किसी बात को लेकर उलझन में होता हूं, तो हमेशा उनके पास जाता हूं। वह जो कहते हैं, मैं वही करता हूं।” सलमान ने आगे कहा था, “आमतौर पर लोग आपके पास सलाह लेने आते हैं और फिर वही करते हैं जो उन्हें करना होता है। मेरे मामले में ऐसा नहीं है।” सलीम खान अस्पताल में भर्ती हुए थे सलीम खान को 17 फरवरी 2026 को मुंबई के लीलावती अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उन्हें ब्रेन हैमरेज हुआ था। डॉक्टरों ने उन्हें आईसीयू में निगरानी में रखा था और एहतियात के तौर पर वेंटिलेटर सपोर्ट भी दिया गया था। करीब एक महीने अस्पताल में रहने के बाद उन्हें छुट्टी मिली थी। 21 मार्च 2026 को ईद के मौके पर सलीम खान पहली बार अस्पताल से लौटने के बाद सार्वजनिक रूप से नजर आए थे। वह सलमान और परिवार के दूसरे सदस्यों के साथ मुंबई स्थित अपने घर गैलेक्सी अपार्टमेंट्स की बालकनी पर पहुंचे थे। पोती के पहले जन्मदिन पर पहुंचे थे सलीम खान हाल ही में 5 अक्टूबर को सलीम खान अपनी पोती सिपारा के पहले जन्मदिन के मौके पर भी नजर आए थे। सिपारा, अरबाज खान और शूरा खान की बेटी हैं। 1960 के दशक में करियर शुरू हुआ था सलीम खान हिंदी सिनेमा के दिग्गज स्क्रिप्ट राइटर्स में गिने जाते हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत एक्टिंग से की थी। 1960 के दशक में फिल्म ‘बारात’ से करियर शुरू हुआ, लेकिन फिल्मों में उन्हें सीमित और छोटे किरदार ही मिले। लगभग दो दर्जन फिल्मों में काम करने के बाद उन्होंने महसूस किया कि एक्टिंग उनकी वास्तविक ताकत नहीं है। इसके बाद उन्होंने लेखन की ओर रुख किया और स्क्रिप्ट राइटर बन गए। ‘सलीम-जावेद’ की जोड़ी फेमस हुई सलीम खान और जावेद अख्तर की जोड़ी ‘सलीम–जावेद’ के नाम से मशहूर रही है। दोनों ने मिलकर हिंदी सिनेमा को कई सुपरहिट और यादगार फिल्में दीं, जैसे जंजीर, दीवार, शोले, डॉन और सीता और गीता। इन फिल्मों की दमदार कहानियां और संवाद लोगों के दिलों में बस गए। उनकी लिखी स्क्रिप्ट ने फिल्मों का अंदाज बदल दिया। उन्होंने मजबूत किरदार, संवाद और सामाजिक मुद्दों को कहानी का हिस्सा बनाया। सलीम-जावेद की सफलता से फिल्म इंडस्ट्री में लेखकों को नई पहचान और सम्मान मिला और उन्हें भी स्टार्स की तरह महत्व मिलने लगा। सलीम-जावेद भारतीय सिनेमा के पहले लेखक माने जाते हैं, जिन्हें ‘स्टार स्टेटस’ मिला। उन्होंने अमिताभ बच्चन की ‘एंग्री यंग मैन’ इमेज को स्थापित करने में अहम भूमिका निभाई। सलीम खान ने दो शादियां कीं पर्सनल लाइफ की बात करें तो सलीम खान ने दो शादियां कीं। उनकी पहली शादी 18 नवंबर 1964 को सलमा खान (पूर्व नाम सुषिला चरक) से हुई। इस शादी से उनके चार बच्चे सलमान खान, अरबाज खान, सोहेल खान और अलवीरा खान हुए। बाद में 1981 में सलीम खान ने एक्ट्रेस हेलन रिचर्डसन से शादी की। कुछ सालों बाद सलीम खान और हेलेन ने अर्पिता को गोद लिया। उनके बड़े बेटे सलमान खान हिंदी सिनेमा के सबसे टॉप एक्टर्स में गिने जाते हैं, जबकि अरबाज और सोहेल भी फिल्म इंडस्ट्री में एक्टिव हैं। उनकी बेटी अलवीरा की शादी एक्टर-डायरेक्टर अतुल अग्निहोत्री से हुई, वहीं अर्पिता की शादी एक्टर आयुष शर्मा से हुई है। ......…….. यह खबर भी पढ़ें... ‘मेरे खिलाफ बहुत नेगेटिविटी चल रही थी’: ‘दस का दम’ नहीं करना चाहते थे सलमान, पिता सलीम खान की सलाह से बदला फैसला सलमान खान ने हाल ही में बताया था कि नेगेटिविटी के दौर में वह ‘दस का दम’ होस्ट नहीं करना चाहते थे। उस समय उनके खिलाफ कोर्ट केस, रिलेशनशिप और फिल्मों को लेकर कई खबरें चल रही थीं। ऐसे में उन्होंने पिता सलीम खान से शो को लेकर सलाह ली थी। सलीम खान ने उन्हें अपनी पर्सनैलिटी और परवरिश पर भरोसा रखने की सलाह दी थी। इसके बाद सलमान ने शो करने का फैसला किया था। पूरी खबर यहां पढ़ें…
Drishyam 3 को Hanuman Ansh का रिकॉर्ड तोड़कर भी नहीं मिला सुकून, 13वें दिन की कमाई जानकर लगेगा झटका
दृश्यम 3 ने उम्मीद से कई गुना ज्यादा बेहतरीन बिजनेस किया है। 13वें दिन बुधवार को तो मूवी पर इतनी धनवर्षा हुई कि मेकर्स मालामाल हो गए।
फिल्म 'हनुमान अंश' ने बॉक्स ऑफिस पर 70 दिन पूरे कर लिए हैं। इसका शानदार कलेक्शन काफी चौंकाने वाला है।
मुंबई में दिवंगत अभिनेता नाना पाटेकर की प्रेयर मीट का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में 'सीआईडी' फेम अभिनेता शिवाजी साटम, मराठी अभिनेत्री वर्षा उसगांवकर, अली खान और कमिश्नर तुकाराम मुंढे समेत मनोरंजन जगत के कई चेहरे शामिल हुए। महाराष्ट्र सरकार ने बुधवार को प्रभादेवी स्थित पी.एल. देशपांडे महाराष्ट्र कला अकादमी में इस कार्यक्रम का आयोजन किया। इस कार्यक्रम का नाम 'संगीतले नाना' रखा गया था। प्रार्थना सभा के बाद नाना पाटेकर की फिल्म की स्पेशल स्क्रीनिंग भी रखी गई। 8 अक्टूबर को गोवा में 75 वर्ष की उम्र में दिल का दौरा पड़ने से नाना पाटेकर का निधन हो गया था। 8 अक्टूबर को दिल का दौरा पड़ने से हुआ था निधन 75 वर्षीय अभिनेता नाना पाटेकर का निधन 8 अक्टूबर की सुबह 5:20 बजे गोवा स्थित उनके आवास पर दिल का दौरा पड़ने से हुआ था। डॉक्टर के मुताबिक, नाना पाटेकर की हार्ट की मुख्य नस (लेफ्ट मेन कोरोनरी आर्टरी) में खून का थक्का जमने से यह स्थिति बनी। यह नस दिल के एक बड़े हिस्से तक खून पहुंचाती है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में मौत की वजह एथेरोस्क्लेरोटिक कोरोनरी आर्टरी डिजीज के कारण दिल की मुख्य नस में खून का थक्का जमने से हुआ गंभीर हार्ट अटैक बताई गई है। रिपोर्ट के अनुसार, उनकी मौत प्राकृतिक कारणों से हुई। पुणे फार्महाउस पर हुआ था अंतिम संस्कार निधन के बाद उनके पार्थिव शरीर को कुछ समय गोवा में रखा गया और फिर अंतिम संस्कार के लिए पुणे स्थित उनके फार्महाउस ले जाया गया था। वहां आयोजित अंतिम दर्शन में राजनीति और फिल्म जगत की कई हस्तियों ने शिरकत की थी। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे समेत कई बड़े नेताओं ने पुणे फार्महाउस पहुंचकर नाना पाटेकर को श्रद्धांजलि दी थी। पुलिस ने आकस्मिक मृत्यु का केस दर्ज किया था नाना पाटेकर की मौत के कारणों का पता लगाने के लिए 8 अक्टूबर को बांबोली स्थित गोवा मेडिकल कॉलेज में पोस्टमॉर्टम किया गया। नाना पाटेकर के निधन की सूचना मिलने के बाद पणजी पुलिस ने पुलिस स्टेशन में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS), 2023 की धारा 194 के तहत आकस्मिक मृत्यु का मामला दर्ज किया था। गोवा से नाना पाटेकर का पार्थिव शरीर पुणे लाया गया था। यहां देर रात डोंजे गांव में राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार हुआ था। अंतिम संस्कार से जुड़ी तस्वीरें देखें- 'परिंदा' से लेकर 'वेलकम' तक का शानदार करियर नाना पाटेकर भारतीय सिनेमा के उन गिने-चुने अभिनेताओं में शामिल थे, जिन्होंने अपने दमदार अभिनय से हिंदी और मराठी सिनेमा में खास पहचान बनाई। उन्होंने 'परिंदा', 'प्रहार: द फाइनल एक्ट', 'तिरंगा', 'क्रांतिवीर', 'खामोशी: द म्यूजिकल' और 'वेलकम' जैसी फिल्मों में यादगार भूमिकाएं निभाईं। उनकी संवाद शैली और गंभीर किरदारों को दर्शकों ने हमेशा सराहा। ………….. यह खबर भी पढ़ें… रेपिस्ट के रोल पर नाना ने डायरेक्टर को गालियां दीं:'परिंदा' के क्लाईमैक्स में आग से झुलसे, आर्मी जॉइन करने के लिए रक्षामंत्री को फोन किया नाना पाटेकर ने अपने करीब पांच दशक के करियर में कई यादगार किरदार निभाए थे। नाना अपने बेबाक और गुस्सैल अंदाज के लिए भी जाने जाते थे। एक बार डायरेक्टर रवि चोपड़ा ने उन्हें फिल्म में रेपिस्ट का रोल ऑफर किया तो नाना भड़क गए और उन्हें गालियां तक दे दीं। बाद में स्मिता पाटिल के हस्तक्षेप से मामला शांत हुआ और नाना को फिल्म में अहम विलेन का किरदार मिला। परिंदा की शूटिंग के दौरान भी उनका डायरेक्टर विधु विनोद चोपड़ा से विवाद हुआ था। पूरी खबर यहां पढ़ें…
महाराष्ट्र साइबर सेल ने रैपर और सिंगर हनी सिंह को दिल्ली कॉन्सर्ट में की गई कथित अश्लील टिप्पणी के मामले में पूछताछ के लिए समन भेजा है। पुलिस ने उन्हें 16 अक्टूबर को अधिकारियों के सामने पेश होने के निर्देश दिए हैं। इससे पहले हनी सिंह विदेश में होने का हवाला देकर तीन समन टाल चुके हैं। NDTV की रिपोर्ट के मुताबिक हनी सिंह को वरिष्ठ अधिकारी ने चेतावनी दी है कि अगर वे इस बार भी पेश नहीं होते हैं, तो उनके खिलाफ लुक आउट सर्कुलर (LOC) जारी करने की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। यह मामला दिल्ली कॉन्सर्ट में गाड़ियों से शारीरिक संबंध बनाने से जुड़ी कथित अश्लील टिप्पणी का वीडियो सामने आने के बाद दर्ज किया गया था। दिल्ली कॉन्सर्ट के वायरल वीडियो पर हुई एफआईआर यह पूरा मामला दिल्ली में आयोजित एक कॉन्सर्ट से जुड़ा है, जहां हनी सिंह ने कार में शारीरिक संबंध बनाने को लेकर कथित तौर पर अश्लील टिप्पणी की थी। कार्यक्रम का यह वीडियो क्लिप सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद यूजर्स ने उनकी कड़ी आलोचना की थी। विवाद बढ़ने के बाद साइबर पुलिस स्टेशन में उनके खिलाफ शिकायत दर्ज कराई गई, जिसके आधार पर केस दर्ज किया गया। साइबर सेल इसी मामले की जांच के सिलसिले में उनसे पूछताछ करना चाहती है। पेश न होने पर जारी होगा लुक आउट सर्कुलर साइबर सेल के अधिकारियों के मुताबिक, हनी सिंह को इससे पहले भी तीन बार पूछताछ के लिए बुलाया जा चुका है। हर बार उन्होंने विदेश में होने की बात कहकर आने से मना कर दिया था। अब वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने साफ किया है कि यदि रैपर 16 अक्टूबर को अधिकारियों के सामने पेश नहीं होते हैं, तो जांच एजेंसियां उनके खिलाफ लुक आउट सर्कुलर (LOC) जारी कर सकती हैं। एलओसी जारी होने के बाद उनके देश से बाहर जाने या वापस लौटने पर हवाई अड्डों पर ही रोका जा सकता है। हनी सिंह ने क्या कहा था, पढ़िए... विवाद बढ़ने के बाद हनी सिंह ने क्या कहा, 3 पॉइंट में पढ़िए... अप्रैल में दिल्ली हाई कोर्ट ने 'वॉल्यूम 1' गाने के लिंक्स हटाए थे हनी सिंह के गानों और बयानों को लेकर यह पहला विवाद नहीं है। इससे पहले अप्रैल में दिल्ली हाई कोर्ट ने उनके विवादित गाने 'वॉल्यूम 1' के लिंक्स को सभी सोशल मीडिया और फाइल शेयरिंग प्लेटफॉर्म्स से हटाने के आदेश केंद्र सरकार को दिए थे। सुनवाई के दौरान अदालत ने गाने को बेहद अश्लील और महिलाओं के प्रति अपमानजनक बताया था। हाई कोर्ट ने टिप्पणी की थी कि रचनात्मक स्वतंत्रता या अभिव्यक्ति की आजादी के नाम पर इस तरह के कंटेंट का बचाव नहीं किया जा सकता। ये खबर भी पढ़ें हनी सिंह ने बादशाह को नालायक औलाद कहा:बादशाह बोले थे- मैंने अपना नाम खुद चुना; यो यो ने पुरानी क्लिप शेयर कर सच बताया रैपर बादशाह और यो यो हनी सिंह का पुराना विवाद एक बार फिर सामने आ गया है। कॉमेडियन समय रैना के शो के दौरान समय ने बादशाह से उनके स्टेज नाम 'बादशाह' को लेकर सवाल किया। पूरी खबर पढ़ें
विश्व सफेद छड़ी दिवस - सिर्फ एक सहारा नहीं, नेत्रहीन लोगों की सुरक्षा और स्वतंत्रता का भी प्रतीक
हर साल 15 अक्टूबर को विश्व सफेद छड़ी दिवस मनाया जाता है। यह दिन खासतौर पर नेत्रहीन और दृष्टिबाधित लोगों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
क्राइम थ्रिलर फिल्म 'दृश्यम 3' ने दुनिया भर के बॉक्स ऑफिस पर 500 करोड़ रुपए की कमाई का आंकड़ा पार कर लिया है। 501.80 करोड़ रुपए के वर्ल्डवाइड कलेक्शन के साथ यह अजय देवगन के करियर की 500 करोड़ क्लब में शामिल होने वाली बतौर लीड एक्टर पहली फिल्म बन गई है। ट्रेड वेबसाइट सैकनिल्क के मुताबिक, फिल्म ने भारत में अब तक 323.50 करोड़ रुपए का नेट कलेक्शन कर लिया है। इसके साथ ही यह साल 2026 में भारत की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली दूसरी फिल्म बन गई है। मंगलवार को कमाई में आया 41% का उछाल फिल्म ने रिलीज के 12वें दिन यानी दूसरे मंगलवार को भारत में 8.50 करोड़ रुपए की कमाई की। सोमवार के 6 करोड़ रुपए के कलेक्शन के मुकाबले इसमें 41.7% की बढ़ोतरी दर्ज की गई। मंगलवार को टिकटों के दाम कम होने और करीब 1,000 नई स्क्रीन जुड़ने के कारण कलेक्शन में यह सुधार देखने को मिला। इससे पहले फिल्म ने अपने पहले हफ्ते में 245.50 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया था। 2 अक्टूबर को रिलीज हुई इस फिल्म ने अपने पहले वीकेंड में 176.50 करोड़ रुपए बटोरे थे। वर्ल्डवाइड कलेक्शन में 'धुरंधर 2' के बाद दूसरे नंबर पर दुनिया भर में कुल कमाई के मामले में 'दृश्यम 3' (501.80 करोड़ रुपए) ने 'बॉर्डर 2' (464.50 करोड़ रुपए) और 'हनुमान अंश' (436.75 करोड़ रुपए) दोनों को पीछे छोड़ दिया है। इस सूची में केवल 'धुरंधर 2' ही आगे है, जिसने दुनिया भर में 1852.44 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया है। दूसरे हफ्ते में कोई बड़ी नई फिल्म रिलीज न होने का सीधा फायदा 'दृश्यम 3' को सिनेमाघरों में मिल रहा है। अजय देवगन के 35 साल के करियर की सबसे बड़ी फिल्म दृश्यम 3, रिलीज के पहले हफ्ते में ही ब्लॉकबस्टर साबित हो रही है। इसी के साथ ये अजय के 35 साल के करियर की हाईएस्ट ग्रॉसिंग फिल्म बन चुकी है। अब तक ये रिकॉर्ड 2024 में आई सिंघम अगेन के पास था, जिसने 389 करोड़ कलेक्शन किया था। इसके अलावा तान्हाजीः द अनसंग वॉरियर और दृश्यम 2 भी अजय के करियर की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्मों में शामिल हैं। दृश्यम 3 भले ही अजय देवगन के करियर की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म बन चुकी है, हालांकि हाईएस्ट ग्रॉसिंग फिल्मों के मामले में वह अब भी कई ए-लिस्टर्स से पीछे हैं। बॉलीवुड के ए-लिस्टर्स में सबसे ज्यादा कमाई करने वाली सबसे ज्यादा फिल्में रणवीर सिंह के पास हैं। वहीं रणबीर कपूर, आमिर खान, शाहरुख भी इस मामले में अजय देवगन से आगे हैं। देखिए किन स्टार्स से टॉप ग्रॉसिंग फिल्मों के मामले में पीछे हैं अजय-
फिल्म ‘रामायण: पार्ट 1’ 5 नवंबर को रिलीज होने वाली है। इसी दिन दिल्ली के राष्ट्रपति भवन में राजनीतिक नेताओं के लिए फिल्म की स्क्रीनिंग हो सकती है। मिड-डे की रिपोर्ट में ऐसा दावा किया गया है। रिपोर्ट के अनुसार, मेकर्स इस खास स्क्रीनिंग के लिए जरूरी अनुमतियां लेने की कोशिश कर रहे हैं। हालांकि, अभी तक कार्यक्रम की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। मुंबई और दिल्ली में प्रीमियर की भी तैयारी रिपोर्ट के मुताबिक, स्क्रीनिंग में रणबीर कपूर, यश, साई पल्लवी और फिल्म के निर्देशक नितेश तिवारी शामिल हो सकते हैं। इसके अलावा, मेकर्स फिल्म के दो प्रीमियर आयोजित करने की योजना बना रहे हैं। इनमें से एक मुंबई और दूसरा दिल्ली में हो सकता है। मुंबई में प्रीमियर के लिए नीता मुकेश अंबानी कल्चरल सेंटर (NMACC) का नाम सामने आया है। बता दें कि फिल्म 'रामायण' के पहले पार्ट का ट्रेलर 30 जुलाई को सुबह 4:15 बजे, ब्रह्म मुहूर्त के शुभ अवसर पर दुनिया भर में लॉन्च किया था। 'रामायण' के ट्रेलर को हिंदी, तमिल, तेलुगु, कन्नड़ और मलयालम समेत कई भाषाओं में एक साथ डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर रिलीज किया गया था। देखें ट्रेलर की झलक- फिल्म ‘रामायण’ का पहला गाना ‘जय जय राम’ 14 सितंबर 2026 को गणेश चतुर्थी के अवसर पर रिलीज हुआ था। गाने को श्रेया घोषाल और अरिजीत सिंह ने अपनी आवाज दी है। इसके म्यूजिक को ए.आर. रहमान ने कंपोज, प्रोड्यूस और अरेंज किया है। गाने के लिरिक्स डॉ. कुमार विश्वास ने लिखे हैं। इस फिल्म के म्यूजिक पर ए.आर. रहमान के साथ हॉलीवुड के म्यूजिक कंपोजर हंस जिमर भी काम कर रहे हैं। देखें गाने के वीडियो की झलक- भगवान राम और सीता के विवाह पर केंद्रित है गाना ‘जय जय राम’ के विजुअल्स में सिया-राम के दिव्य संबंध को दिखाया गया था। गाने में भगवान राम और सीता के भव्य विवाह को भी दर्शाया गया है। गाने में भक्ति और आध्यात्मिक भाव को प्रमुखता दी गई थी। गाने में ‘जय जय राम’ का बार-बार दोहराव किया गया है, जो इसे मंत्र की तरह प्रस्तुत करता है। लिरिक्स में भगवान राम के प्रति भक्त की आस्था, भरोसे और उनकी शरण में जाने की भावना व्यक्त की गई है। गाने की एक पंक्ति ‘जगत के अंधियारे, हमको घेरे सारे’ जीवन के अंधकार के बीच रोशनी की तलाश को दर्शाती है। गाने में ‘अच्युतम केशवम कृष्ण दामोदरम’ जैसे पारंपरिक श्लोक का भी इस्तेमाल किया गया है। इससे रामायण की ऐतिहासिक और धार्मिक पृष्ठभूमि को आधुनिक संगीत से जोड़ा गया। .............. यह खबर भी पढ़ें... 'रामायण' फिल्म के मेकर पर इनकम टैक्स रेड की खबर: नमित मल्होत्रा की कंपनी प्राइम फोकस के मुंबई दफ्तरों में जांच; विदेशी लेन-देन से जुड़ा मामला फिल्म ‘रामायण’ के निर्माता नमित मल्होत्रा की कंपनी प्राइम फोकस लिमिटेड के मुंबई स्थित दफ्तरों पर आयकर विभाग की छापेमारी की खबर सामने आई थी। CNBC-TV18 की रिपोर्ट के मुताबिक, यह कार्रवाई विदेशी लेन-देन में कथित गड़बड़ियों की जांच के सिलसिले में की गई थी। इस दौरान कंपनी के शेयरों में भी करीब 8% की गिरावट दर्ज की गई थी। पूरी खबर यहां पढ़ें…
फिल्म ‘सैयारा’ फेम अनीत पड्डा ने मंगलवार को अपना 24वां जन्मदिन मनाया। पार्टी में उनके को-स्टार अहान पांडे, उनकी मां डियान पांडे और आलिया भट्ट शामिल हुईं। मंगलवार को ‘सैयारा’ के को-एक्टर आलम खान ने पार्टी की तस्वीरें सोशल मीडिया पर शेयर कीं। हालांकि, आलम ने बाद में पोस्ट डिलीट कर दी, लेकिन फैन्स ने तस्वीरें सेव कर लीं और उन्हें ऑनलाइन शेयर की। पार्टी में घर को गुलाबी और हरे गुब्बारों से सजाया गया था। अनीत ने छोटी पीली बॉडीकॉन ड्रेस पहनी थी। वहीं, अहान शिमरी काली शर्ट और काली जींस में नजर आए। अहान ने अनीत को खास अंदाज में विश किया पार्टी की तस्वीरें सामने आने से पहले अहान पांडे ने अनीत को जन्मदिन की शुभकामनाएं दी थीं। अहान ने अनीत के लिए एक भावुक नोट भी लिखा। उन्होंने लिखा, “तुम ब्रह्मांड का तोहफा हो, अनीत। तुम जिस चीज को छूती हो, वह तारों की धूल में बदल जाती है। मेरी कामना है कि ब्रह्मांड हमेशा तुम्हारे साथ उतना ही नरम रहे, जितनी तुम उसके साथ रहती हो। यह कभी मत भूलना कि तुम अपने पीछे कितनी रोशनी छोड़ जाती हो। तुम्हें बहुत-बहुत जन्मदिन की शुभकामनाएं।” अनीत ने अहान के बर्थडे विश का जवाब देते हुए लिखा, “तुम पूरी दुनिया के सबसे अच्छे इंसान हो। थैंक यू, मेरे अहान।” गौरतलब है कि ‘सैयारा’ रिलीज होने के बाद से अनीत और अहान को कई मौकों पर साथ देखा गया है। अनीत को अहान के परिवार के साथ भी देखा गया है। हाल ही में उन्होंने मुंबई में अहान की बहन अलाना पांडे के बेबी शॉवर में हिस्सा लिया था। इस दौरान उन्होंने अहान की कजिन अनन्या पांडे के साथ एक मजेदार गेम में भी हिस्सा लिया था। ‘सैयारा’ से दोनों को पहचान मिली ‘सैयारा’ अहान पांडे की बॉलीवुड डेब्यू फिल्म थी। इस फिल्म से अनीत को पहचान मिली। मोहित सूरी के निर्देशन में बनी 2025 की रोमांटिक ड्रामा फिल्म बॉक्स ऑफिस पर बड़ी सफल रही। फिल्म में अनीत और अहान की ऑन-स्क्रीन केमिस्ट्री को दर्शकों ने पसंद किया। दोनों के बार-बार साथ नजर आने से उनके रिश्ते को लेकर अटकलें भी लगती रही हैं। हालांकि, अनीत और अहान दोनों ने खुद को सबसे अच्छे दोस्त बताया है। ‘शक्ति शालिनी’ में नजर आएंगी अनीत वर्कफ्रंट पर अनीत जल्द ‘शक्ति शालिनी’ में लीड रोल निभाएंगी। यह फिल्म मैडॉक हॉरर-कॉमेडी यूनिवर्स का हिस्सा है। फिल्म में दिवंगत नाना पाटेकर और विशाल जेठवा समेत अन्य कलाकारों के भी नजर आने की उम्मीद है। फिल्म 6 दिसंबर को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है। .............. यह खबर भी पढ़ें... अहान पांडे के लिए अनीत पड्डा की इमोशनल पोस्ट: बर्थडे विश कर कहा- दुनिया तुम्हें देखकर ठहर जाती है, तुम हमेशा से एक स्टार हो अहान पांडे के 28वें जन्मदिन पर उनकी को-स्टार अनीत पड्डा ने सोशल मीडिया पर एक खास पोस्ट शेयर की थी। अनीत ने अहान के बचपन से लेकर फिल्म 'सैयारा' के सेट तक की कई तस्वीरें पोस्ट की थीं। साथ ही उन्होंने एक लंबा इमोशनल नोट लिखकर अहान की तारीफ की थी। पोस्ट में अनीत ने लिखा था कि अहान जहां जाते हैं, वहां लोगों के चेहरों पर मुस्कान आ जाती है। उन्होंने अहान को दयालु, निस्वार्थ और बेहद खास इंसान बताया था। अनीत ने यह भी कहा था कि दुनिया तुम्हें देखकर ठहर जाती है और तुम हमेशा से एक स्टार रहे हो। पूरी खबर यहां पढ़ें…
साउथ सुपरस्टार रजनीकांत स्टारर फिल्म जेलर 2 को जल्द ही दुनियाभर के सिनेमाघरों में रिलीज किया जाना है।
दिवाली पर फ्री गिफ्ट मांगना पड़ा भारी, मदुरै के इन्फ्लुएंसर के घर पहुंच गए लाखों के COD पार्सल
दिवाली पर फॉलोअर्स से मिठाइयां और गिफ्ट मिलने की उम्मीद तमिलनाडु के मदुरै में रहने वाले इंस्टाग्राम इन्फ्लुएंसर वीरमणि के लिए बड़ी मुसीबत बन गई।
टीवी शो बिग बॉस 20 के घर में दो कंटेस्टेंट्स नकुल ढुल और गुल्लू के बीच बहस के दौरान हाथापाई हो गई। माही विज इस दौरान चिल्लाती नजर आईं। यह विवाद काजी तौकीर की कथित टिप्पणियों से शुरू हुआ था। वहीं, आज के एपिसोड के प्रोमो में नकुल को घर से बाहर भेजने के संकेत मिले। प्रोमो में कहा गया, “आज घर में एक अप्रिय वाकया हुआ। घर के सबसे अहम नियम का उल्लंघन हुआ।” हालांकि, मेकर्स ने अब तक नकुल को घर से बाहर निकालने की आधिकारिक पुष्टि नहीं की थी। काजी तौकीर की टिप्पणी से शुरू हुआ विवाद नकुल को ऑनलाइन मिट्ठू डॉन के नाम से भी जाना जाता है। वह टेलीविजन एक्टर मनीष गोयल के साथ बिग बॉस 20 में वाइल्डकार्ड कंटेस्टेंट के तौर पर शामिल हुए हैं। मामला तब शुरू हुआ, जब नकुल ने स्काउट OP से काजी की कथित टिप्पणियों के बारे में बात की। नकुल ने कहा कि काजी, स्काउट के कान में थूकने वाली घटना के बारे में बात कर रहे थे। इसके बाद स्काउट ने काजी से इस बारे में सवाल किया। काजी ने कहा कि उन्होंने यह बात मजाक में कही थी। नकुल ने इसे मजाक नहीं माना। इसके बाद बातचीत तनावपूर्ण हो गई। काजी ने गुल्लू से कहा कि वह नकुल को मामला समझाए। नकुल ने गुल्लू के बीच में आने पर आपत्ति जताई। गुल्लू ने नकुल से पूछा कि वह मामला क्यों बढ़ा रहे हैं। इसके बाद दोनों के बीच बहस तेज हो गई। बहस के दौरान धक्का-मुक्की दोनों के आमने-सामने बहस करते रहने के दौरान नकुल ने गुल्लू को धक्का दिया। बाकी घरवाले तुरंत वहां पहुंचे और दोनों को अलग करने की कोशिश की। झगड़े के दौरान नकुल ने यह भी कहा कि उसके भाई पहले गुल्लू से सामना करने के लिए गुरुग्राम गए थे। नकुल ने दावा किया कि गुल्लू तब भागकर गोवा चला गया था। माही विज इस पूरी घटना के दौरान चिल्लाती दिखीं। वह बार-बार पूछ रही थीं कि नकुल ने गुल्लू को क्यों मारा। उन्होंने यह भी पूछा कि क्या नकुल इसी वजह से घर में आया था। यह झगड़ा ऐसे समय हुआ, जब नकुल और गुल्लू नकुल के घर में आने के बाद से एक-दूसरे से दूरी बनाए हुए थे। नकुल-गुल्लू की लड़ाई पर एल्विश यादव का तंज यूट्यूबर और पूर्व बिग बॉस कंटेस्टेंट एल्विश यादव ने शो में नकुल और गुल्लू के बीच हुई लड़ाई पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने X पर लिखा, “इतने समय बाद आज बिग बॉस देखा। शायद अब नियम बदल गए हैं। अब जो पिट रहा है, उसी को बाहर करें। दुखद।” .............. यह खबर भी पढ़ें... 'लड़कियों से कौन डरता है यार, नीचा जेंडर है...': कहने वाले हरियाणवी 'मिट्ठू डॉन' की बिग बॉस में एंट्री, सलमान के सामने दी सफाई नकुल ढुल महिलाओं पर की गई कथित टिप्पणी को लेकर विवादों में आए थे। फरवरी 2026 में वायरल वीडियो में उन्होंने लड़कियों को ‘नीचा जेंडर’ कहा था। इस बयान की काफी आलोचना हुई थी। राष्ट्रीय महिला आयोग ने भी मामले का संज्ञान लिया था। बिग बॉस 20 में नकुल ने सफाई देते हुए कहा कि उनकी बात को गलत संदर्भ में लिया गया। उन्होंने खुद को ‘प्रो-फेमिनिस्ट’ बताया था। मामले की जांच जारी थी। पूरी खबर यहां पढ़ें…
बिग बॉस 20 के घर में नकुल ढुल और गुल्लू के बीच बहस के दौरान हाथापाई हो गई। माही विज इस दौरान चिल्लाती और रोती नजर आईं। यह विवाद काजी तौकीर की कथित टिप्पणियों से शुरू हुआ था। घरवालों ने तुरंत दोनों को अलग किया। लेटेस्ट एपिसोड के अंत में एक प्रोमो दिखाया गया। इसमें संकेत मिला कि वाइल्डकार्ड से आए नकुल को घर से बाहर जाने के लिए कहा गया है। हालांकि, मेकर्स ने इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। एपिसोड खत्म होने तक इस मामले का नतीजा सामने नहीं आया। काजी तौकीर की टिप्पणी से शुरू हुआ विवाद मामला तब शुरू हुआ, जब नकुल ने स्काउट OP से काजी की कथित टिप्पणियों के बारे में बात की। नकुल ने कहा कि काजी, स्काउट के कान में थूकने वाली घटना के बारे में बात कर रहे थे। इसके बाद स्काउट ने काजी से इस बारे में सवाल किया। काजी ने कहा कि उन्होंने यह बात मजाक में कही थी। नकुल ने इसे मजाक नहीं माना। इसके बाद बातचीत तनावपूर्ण हो गई। काजी ने गुल्लू से कहा कि वह नकुल को मामला समझाए। नकुल ने गुल्लू के बीच में आने पर आपत्ति जताई। गुल्लू ने नकुल से पूछा कि वह मामला क्यों बढ़ा रहे हैं। इसके बाद दोनों के बीच बहस तेज हो गई। बहस के दौरान धक्का-मुक्की दोनों के आमने-सामने बहस करते रहने के दौरान नकुल ने गुल्लू को धक्का दिया। बाकी घरवाले तुरंत वहां पहुंचे और दोनों को अलग करने की कोशिश की। झगड़े के दौरान नकुल ने यह भी कहा कि उसके भाई पहले गुल्लू से सामना करने के लिए गुरुग्राम गए थे। नकुल ने दावा किया कि गुल्लू तब “भागकर गोवा चला गया था।” माही विज इस पूरी घटना के दौरान रोती और चिल्लाती दिखीं। वह बार-बार पूछ रही थीं कि नकुल ने गुल्लू को क्यों मारा। उन्होंने यह भी पूछा कि क्या नकुल इसी वजह से घर में आया था। पहले से एक-दूसरे से बात नहीं कर रहे थे यह झगड़ा ऐसे समय हुआ, जब नकुल और गुल्लू नकुल के घर में आने के बाद से एक-दूसरे से दूरी बनाए हुए थे। नकुल को ऑनलाइन मिट्ठू डॉन के नाम से भी जाना जाता है। वह टेलीविजन अभिनेता मनीष गोयल के साथ बिग बॉस 20 में वाइल्डकार्ड कंटेस्टेंट के तौर पर शामिल हुआ था। नकुल के बाहर जाने की चर्चा रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि इस झगड़े के बाद नकुल को घर से बाहर जाने के लिए कहा गया। हालांकि, मेकर्स ने इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। लेटेस्ट एपिसोड में भी इस मामले का नतीजा नहीं बताया गया।
हनुमान अंश वर्ल्डवाइड बॉक्स ऑफिस पर अब भी करोड़ों में कमा रही है। इस फिल्म ने वो कर दिखाया है, जो दृश्यम और धुरंधर 2 भी नहीं कर पाए।
Drishyam 3 Collection: अजय देवगन की फिल्म दृश्यम 3 ने बॉक्स ऑफिस पर शानदार प्रदर्शन करते हुए 13 दिनों में दुनिया भर में शानदार कलेक्शन कर लिया है।
भारतीय सिनेमा को अंतरराष्ट्रीय मंच पर पहचान दिलाने के मकसद से साल 2000 में लंदन से शुरू हुआ आईफा आज 27 साल का सफर तय कर चुका है। अमिताभ बच्चन से लेकर शाहरुख खान, सलमान खान और ऋतिक रोशन तक, बॉलीवुड के कई बड़े सितारों की मौजूदगी ने इस मंच को खास बनाया है। अबू धाबी में होने वाले आगामी आईफा में भी कई नई चीजें देखने को मिलेंगी। सलमान खान का मल्टी-स्टारर परफॉर्मेंस, जान्हवी कपूर का मां श्रीदेवी को ट्रिब्यूट, डिजिटल मंच पर मिर्जापुर गैंग की मेजबानी और हिमेश रेशमिया की पहली आईफा परफॉर्मेंस इस बार के खास आकर्षण होंगे। आईफा के सह-संस्थापक आंद्रे टिमिन्स ने दैनिक भास्कर से खास बातचीत में इसके 27 साल के सफर, शुरुआती चुनौतियों, बड़े सितारों से जुड़े दिलचस्प किस्सों और भविष्य की योजनाओं पर खुलकर बात की। उन्होंने यह भी बताया कि 2028 में लॉस वेगास में आईफा वर्ल्डवाइड लॉन्च करने की योजना है, जहां भारतीय और हॉलीवुड सिनेमा को एक मंच पर सम्मानित किया जाएगा। सवाल: 2000 में लंदन से शुरू हुआ आईफा आज 27 साल का सफर तय कर चुका है। क्या आपने कभी सोचा था कि यह इतना बड़ा मंच बन जाएगा? जवाब: सच कहूं तो हमने शुरुआत में इतने बड़े सफर की कल्पना नहीं की थी। हमारा मकसद भारतीय सिनेमा को ग्लोबल मंच पर ले जाना और उसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सम्मान दिलाना था। लंदन में हमारी पहली प्रेस कॉन्फ्रेंस में अमिताभ बच्चन और उस साल मिस वर्ल्ड बनीं युक्ता मुखी मौजूद थीं। इसके बाद मीडिया में आईफा की चर्चा शुरू हो गई। मिलेनियम डोम में हुए पहले आयोजन में करीब 2,500 खास मेहमान शामिल हुए थे। अमिताभ बच्चन, शत्रुघ्न सिन्हा, दिलीप कुमार, सुनील दत्त, लता मंगेशकर, आशा भोसले, शाहरुख खान, यश चोपड़ा, यश जौहर और अनिल कपूर जैसे दिग्गजों ने हमारा साथ दिया। अंतरराष्ट्रीय सितारों में एंजेलिना जोली, जैकी चैन, थोरा बर्च और काइली मिनोग भी पहुंचे। उस समय करीब 400 लोगों के दल को संभालना, सभी की व्यवस्था करना और शो को तय समय पर शुरू करना बड़ी चुनौती थी। अक्षय कुमार का शाओलिन मॉन्क्स के साथ परफॉर्मेंस यादगार रहा। इसके अंत में जैकी चैन का स्टेज पर आना भी खास था। सवाल: आईफा का विचार आखिर आया कहां से? जवाब : इससे पहले हम आठ-नौ साल तक घरेलू स्तर पर अवॉर्ड शो कर रहे थे। साल 2000 में हमने सोचा कि भारतीय सिनेमा को अंतरराष्ट्रीय मंच पर ले जाना चाहिए। हमारे सामने क्रिकेट और सिनेमा जैसे विकल्प थे, लेकिन हमने सिनेमा चुना। हिंदी फिल्मों में संगीत, भावनाएं और ड्रामा लोगों को जोड़ते हैं। विदेशों में रहने वाली भारतीय मूल की दूसरी और तीसरी पीढ़ी को अपनी संस्कृति से जोड़ना भी हमारा उद्देश्य था। हम भारतीय सिनेमा को एक ग्लोबल ब्रांड बनाना चाहते थे। शुरुआत में नहीं सोचा था कि यह 27 साल तक चलेगा। सवाल: पहले आयोजन के बाद आईफा को आगे बढ़ाना कितना मुश्किल था? जवाब: लंदन के बाद सबसे बड़ा सवाल था कि इसे आगे कैसे चलाया जाए। किसी बड़े आयोजन के लिए केवल जुनून काफी नहीं होता, उसका कमर्शियल मॉडल भी जरूरी होता है। हमने सन सिटी, साउथ अफ्रीका में आयोजन किया। वहां सोनी चैनल ने आमिर खान की फिल्म 'लगान' खरीदी थी। हमने फिल्म का प्रीमियर आईफा के साथ करने का फैसला किया। इससे आयोजन दो दिन का हो गया। आमिर खान, जो आमतौर पर अवॉर्ड शो से दूरी रखते हैं, 'लगान' के प्रीमियर के लिए वहां आए। इसके बाद साउथ अफ्रीका में हिंदी सिनेमा को लेकर उत्साह बढ़ा। धीरे-धीरे हमने फिल्म प्रीमियर, वर्कशॉप, फिल्म फेस्टिवल और बिजनेस फोरम को भी जोड़ा। स्पॉन्सरशिप, टिकट बिक्री और विदेशी सरकारों के सहयोग से आईफा का एक टिकाऊ मॉडल तैयार हुआ। सवाल: इतने सालों में आईफा की पहचान बनी रही। किन चीजों से आप कभी समझौता नहीं करते? जवाब: सबसे जरूरी है सम्मान और भरोसा। इंडस्ट्री को पता है कि हमारी नीयत साफ है और हम भारतीय सिनेमा को दुनिया में सम्मान दिलाना चाहते हैं। दूसरी चीज क्वालिटी है। कलाकारों को भुगतान करने के साथ हम स्टेज, प्रोडक्शन और तकनीकी व्यवस्थाओं पर भी बड़ा निवेश करते हैं। तीसरी बात है नए प्रयोग। हमने साउथ इंडियन सिनेमा के लिए आईफा उत्सवम, डिजिटल प्लेटफॉर्म के लिए डिजिटल अवॉर्ड्स और क्रिएटर्स के लिए आईफा इनसाइडर जैसे कॉन्सेप्ट शुरू किए हैं। अब गुजराती सिनेमा के लिए आईफा रंगीलो और मराठी सिनेमा से जुड़े आयोजनों की भी योजना है। सवाल: इस बार अबू धाबी में आईफा की सबसे बड़ी खासियत क्या होगी? जवाब: इस बार हम पारंपरिक अवॉर्ड शो के साथ डिजिटल दर्शकों को भी जोड़ रहे हैं। मेन स्टेज पर वरुण धवन होस्ट करेंगे। डिजिटल मंच पर पंकज त्रिपाठी, अली फजल और अभिषेक बनर्जी होस्टिंग करेंगे। 'मिर्जापुर' से जुड़े इन कलाकारों को एक अलग अंदाज में देखना दिलचस्प होगा। परफॉर्मेंस में सलमान खान, करीना कपूर, शाहिद कपूर और रश्मिका मंदाना जैसे सितारे शामिल होंगे। जान्हवी कपूर अपनी मां श्रीदेवी को खास ट्रिब्यूट देंगी। वरुण धवन के साथ करण जौहर, मनीष पॉल और पहली बार अनन्या पांडे भी को-होस्टिंग करेंगी। इसके अलावा डिजिटल अवॉर्ड्स में हिमेश रेशमिया पहली बार आईफा में परफॉर्म करेंगे। उनके एक्ट को लेकर हमारी बड़ी योजनाएं हैं। सवाल: पिछले साल ओटीटी और इस बार यूट्यूब लाइव के जरिए डिजिटल दर्शकों को जोड़ने की क्या रणनीति है? जवाब: पारंपरिक टीवी और डिजिटल, दोनों की अपनी अहमियत है। टीवी का दर्शक वर्ग व्यापक है, जबकि यूट्यूब पर युवा पीढ़ी ज्यादा सक्रिय है। हम दोनों को साथ लेकर चलना चाहते हैं। हमारा उद्देश्य आईफा की मूल पहचान को बरकरार रखना है- संगीत, डांस, मस्ती और सिनेमा का उत्सव। डिजिटल मंच के जरिए उन दर्शकों तक भी पहुंचना चाहते हैं जो पारंपरिक टीवी से अलग तरीके से मनोरंजन देखते हैं। सवाल: सलमान खान के परफॉर्मेंस को लेकर हर बार उत्सुकता रहती है। इस बार क्या नया होगा? जवाब: हम सलमान से मिलने वाले हैं। वे भी अपने एक्ट में कुछ नया और अलग करना चाहते हैं। इस बार उनके परफॉर्मेंस में कई दूसरे सितारे भी शामिल होंगे। यानी दर्शकों को मल्टी-स्टारर परफॉर्मेंस देखने को मिलेगी। मीटिंग के बाद इसकी बाकी डिटेल्स फाइनल होंगी। सवाल: दोबारा अबू धाबी जाने की क्या वजह रही? जवाब: हम ग्रीस, मलेशिया और सिंगापुर जैसे विकल्पों पर विचार कर रहे थे, लेकिन अबू धाबी सबसे मुफीद लगा। भारत से इसकी दूरी भी कम है। यास एरिना और वहां का प्रशासन हमारे साथ बहुत सहजता से काम करता है। सलमान से बात हुई तो उन्होंने मजाक में कहा कि अबू धाबी पास है, इसलिए उन्हें ज्यादा दूर न ले जाया जाए। यह सहजता और आपसी समझ हमारे लिए मायने रखती है। सवाल: अबू धाबी में मनोरंजन के अलावा और क्या खास होगा? जवाब: हम छात्रों के लिए मास्टरक्लास आयोजित कर रहे हैं। 'फ्रेंड्स ऑफ आईफा' के तहत करीब 150 स्थानीय छात्रों को जोड़ने की योजना है। मीडिया और एंटरटेनमेंट पर बिजनेस फोरम भी होगा। तेलंगाना हमारा स्टेट पार्टनर बना है। वह अपनी फिल्म सिटी और फिल्म इंस्टीट्यूट को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रमोट करेगा। हमारा मकसद आईफा को सिर्फ एक अवॉर्ड शो नहीं, बल्कि सिनेमा, कारोबार, शिक्षा और संस्कृति से जुड़ा बड़ा मंच बनाना है। सवाल: क्या इस बार किसी इंटरनेशनल स्टार के आने की भी संभावना है? जवाब: हम कुछ अंतरराष्ट्रीय सितारों से संपर्क में हैं। यह देख रहे हैं कि आयोजन के समय कौन इस क्षेत्र में मौजूद हो सकता है। इस बारे में अंतिम तस्वीर बाद में साफ होगी। हम स्थानीय सितारों को भी मंच पर शामिल करने की कोशिश कर रहे हैं। सवाल: 2014 में टाम्पा आईफा में जॉन ट्रैवोल्टा आए थे। क्या भविष्य में ऐसे और अंतरराष्ट्रीय सहयोग देखने को मिलेंगे? जवाब: बिल्कुल, भारतीय सिनेमा को अंतरराष्ट्रीय मंच पर ले जाना हमेशा से हमारा उद्देश्य रहा है। इसी दिशा में हम 2028 में लॉस वेगास में अंग्रेजी भाषा में आईफा वर्ल्डवाइड लॉन्च करने की योजना बना रहे हैं। इसमें भारतीय सिनेमा और हॉलीवुड को एक मंच पर सम्मानित करने का विचार है। कल्पना कीजिए कि शाहरुख खान और केविन हार्ट साथ में होस्टिंग करें, बिली आइलिश और ए.आर. रहमान परफॉर्म करें या ऋतिक रोशन और जेनिफर लोपेज साथ नजर आएं। हम इसी तरह के बड़े अंतरराष्ट्रीय सहयोग की कल्पना कर रहे हैं। सवाल: 27 साल के सफर में सबसे चुनौतीपूर्ण आयोजन कौन-से रहे? जवाब: श्रीलंका और टोरंटो के आयोजन बहुत चुनौतीपूर्ण रहे। श्रीलंका में आंतरिक परिस्थितियों के तुरंत बाद आयोजन करना आसान नहीं था। टोरंटो में शाहरुख खान और प्रियंका चोपड़ा जैसे सितारे मौजूद थे, लेकिन कई दूसरे कलाकारों की फ्लाइट कैंसिल होने और लॉजिस्टिक्स की समस्याओं ने आखिरी समय में काफी तनाव पैदा कर दिया था। बड़े आयोजनों में सब कुछ योजना के मुताबिक नहीं चलता। ऐसे समय में टीम का साथ और समय पर फैसले लेना सबसे जरूरी होता है। सवाल: आईफा के दौरान सलमान खान से जुड़ा कोई ऐसा किस्सा जो आज भी याद हो? जवाब: सलमान को दुबई आना था। सुबह चार बजे की फ्लाइट में वे बैठ चुके थे, तभी उन्होंने फोन करके कहा कि उनकी तबीयत ठीक नहीं लग रही और वे सुबह नौ बजे की फ्लाइट से आएंगे। मैंने पूछा कि अब उनका सामान कैसे उतरेगा? उन्होंने कहा कि सामान वहीं रहने दो, वे घर जाकर सुबह नौ बजे आ जाएंगे। मुझे लगा कि शायद वे नहीं आ पाएंगे, लेकिन वे घर गए, सोए भी नहीं और नौ बजे की फ्लाइट पकड़कर पहुंच गए। वे तीन-चार घंटे मेरे लिए बहुत तनावपूर्ण थे, लेकिन उनका कमिटमेंट शानदार था। सवाल: इतने बड़े सितारों के साथ काम करते हुए किससे सबसे ज्यादा सीखने को मिला? जवाब: अमिताभ बच्चन जी के साथ काम करना हमेशा खास रहा है। मैंने आईफा में उनके साथ दस साल बिताए। भारतीय सिनेमा को दुनिया भर में सम्मान दिलाने का उनका विजन बहुत बड़ा था। उनके मार्गदर्शन और आशीर्वाद का आईफा के सफर में महत्वपूर्ण योगदान रहा है। सवाल: आईफा को लेकर आपकी सबसे बड़ी इच्छा क्या है? जवाब: हम चाहते हैं कि लोग आईफा को अपना समझें। जब किसी से पूछा जाता है कि आईफा किसका है, तो वह किसी आयोजक का नाम लेने के बजाय अमिताभ बच्चन, सलमान खान या शाहरुख खान का नाम ले। यही हमारी सफलता है। हम सब एक परिवार की तरह हैं और चाहते हैं कि यह परिवार दुनिया भर में और बड़ा हो।
फिल्म ‘हनुमान अंश’ में टीसी का किरदार निभाने वाले एक्टर अमित दुबे के मुताबिक, इसके दूसरे पार्ट के लिए दर्शकों को लंबा इंतजार करना पड़ सकता है। स्क्रिप्ट पर अभी काम पूरा नहीं हुआ है। लेखक विशाल चतुर्वेदी चाहते हैं कि अगला पार्ट भी अच्छी कहानी और बेहतर प्रस्तुति के साथ आए। अमित के मुताबिक, 2027 में ‘राम बोला’ या ‘हनुमान अंश’ से जुड़ी कोई फिल्म आ सकती है। दैनिक भास्कर से बातचीत में उन्होंने फिल्म की सफलता, शूटिंग के अनुभव, संघर्ष और एक्टिंग करियर पर भी बात की। सवाल: ‘हनुमान अंश’ की सफलता के बाद इसके दूसरे पार्ट की चर्चा हो रही है। दर्शकों को कब तक इंतजार करना पड़ सकता है? जवाब: फिल्म के डायरेक्टर विशाल चतुर्वेदी जी ने स्पष्ट किया है कि अभी ‘हनुमान अंश 2’ पर काम शुरू नहीं हुआ है। ऐसा नहीं है कि पहली फिल्म हिट हो गई, तो तुरंत दूसरा पार्ट बना दिया जाए। वे चाहते हैं कि अगली फिल्म की कहानी और प्रस्तुति भी अच्छी हो। पहली फिल्म के लिए उन्होंने काफी मेहनत की थी और कई गाने भी इसमें इस्तेमाल किए गए। अगली कहानी को बेहतर बनाने में समय लगेगा। मेरी जानकारी के मुताबिक, 2027 में ‘राम बोला’ नाम की फिल्म आ सकती है। हालांकि, अभी मुझे ‘राम बोला’ के लिए कोई संपर्क नहीं किया गया है। सवाल: फिल्म इतनी बड़ी हिट होगी, इसकी उम्मीद थी? जवाब: शूटिंग के दौरान हमें बिल्कुल अंदाजा नहीं था कि फिल्म इतनी बड़ी हिट होगी और रिकॉर्ड तोड़ेगी। मुझे लगता है कि इसका श्रेय लेखक विशाल चतुर्वेदी की मेहनत और उनकी भक्ति भावना को जाता है। फिल्म बनाने का उद्देश्य सिर्फ पैसा कमाना नहीं था, बल्कि महाराज जी के जीवन और उनकी यात्राओं को लोगों तक पहुंचाना था। शायद इसी भावना के कारण दर्शक फिल्म से जुड़ पाए। सवाल: आपको फिल्म में टीसी का किरदार कैसे मिला? जवाब: नवंबर 2025 में मुझे इस किरदार की स्क्रिप्ट मिली। मैंने ऑडिशन दिया और फिर बताया गया कि मेरा चयन हो गया है। फिल्म का बजट कम था, इसलिए कलाकारों की फीस भी कम थी। लेकिन महाराज जी का नाम जुड़ा था, इसलिए मैंने मना करना ठीक नहीं समझा। मुझे सुबह 5:30 बजे चित्रकूट पहुंचना था। उस समय मैं मुंबई में था। रात में फ्लाइट लेकर लखनऊ पहुंचा और वहां से कार चलाकर चित्रकूट गया। सुबह करीब 5 बजे सेट पर पहुंच गया। फिल्म के लिए मेरा खर्च मेरी फीस से भी ज्यादा था। लेकिन मेरे लिए यह काम पैसों से ज्यादा श्रद्धा का विषय था। सवाल: शूटिंग के दौरान कैसा माहौल था? जवाब: शूटिंग चित्रकूट के परसौजा गांव में हुई थी। वहां आज भी ज्यादातर घर कच्चे हैं और दरवाजे छोटे हैं। गांव के लोगों ने बताया कि घर में प्रवेश करते समय मंदिर की तरह झुककर जाना चाहिए, इसलिए दरवाजे छोटे बनाए जाते हैं। वहां बहुत सकारात्मक माहौल था। मेरे एक सीन में मुझे महाराज जी से माफी मांगनी थी। भावनाओं को सही तरीके से दिखाने के लिए इस सीन के कई टेक हुए। निर्देशक चाहते थे कि हर दृश्य में भाव पूरी तरह उभरकर आए। इसी मेहनत से फिल्म के दृश्य प्रभावशाली बने। सवाल: कम बजट और दूसरी परेशानियों के बीच फिल्म कैसे पूरी हुई? जवाब: शूटिंग के दौरान कई समस्याएं आईं। मेकअप का सामान चोरी हो गया, एक मुख्य कलाकार ने फिल्म छोड़ दी और कॉस्ट्यूम डिजाइनर भी चले गए। शूटिंग का कार्यक्रम 28 दिन का था, लेकिन फिल्म 22 दिनों में पूरी करनी पड़ी। ऐसे समय में सभी ने मिलकर काम किया। किसी ने गाना गाया, किसी ने अभिनय किया और सबने अपनी जिम्मेदारी निभाई। लगा कि यह हम सभी का अपना काम है। मुझे एक पंक्ति याद आती है- ‘अब सौंप दिया इस जीवन का सब भार तुम्हारे हाथों में।’ हमने भी पूरी श्रद्धा के साथ काम किया। सवाल: आपने एक्टिंग के लिए टीचिंग जैसे पेशे को क्यों नहीं छोड़ा? जवाब: मैं केमिस्ट्री का शिक्षक हूं और आईआईटी-जेईई व नीट की तैयारी करने वाले विद्यार्थियों को पढ़ाता हूं। मैंने कई विद्यार्थियों को इंजीनियर और डॉक्टर बनने में मदद की है। एक्टिंग के शुरुआती दिनों में छोटे रोल मिलते थे और एक दिन के काम के लिए करीब 2,000 से 3,000 रुपए मिलते थे। इतने पैसों में खर्च चलाना मुश्किल था, इसलिए पढ़ाना जारी रखा। मैं लखनऊ से मुंबई आने-जाने में अपनी बचत का काफी हिस्सा खर्च करता था। साथ ही थिएटर करता था। भरोसा था कि मेहनत करता रहूंगा, तो एक दिन अच्छा मौका जरूर मिलेगा। सवाल: एक्टिंग में आने की शुरुआत कैसे हुई? जवाब: मैं महेंद्र सिंह धोनी का बड़ा फैन हूं। एक बार मैंने उनके जैसे बाल रंगवा लिए, लेकिन मुझे अपना लुक पसंद नहीं आया। बच्चों को कह दिया कि एक छोटे से रोल के लिए ऐसा किया है। बाद में बच्चों ने पूछा कि वह रोल कब आएगा। उस बात को सच साबित करने के लिए मुंबई आया और ऑडिशन देने लगा। मुझे ‘तुलसी’ नाम के सीरियल में डॉक्टर का छोटा-सा रोल मिला। सेट पर काम करने का अनुभव अच्छा लगा। इसके बाद थिएटर करना शुरू किया और एक साल में छह-सात नाटक किए। धीरे-धीरे छोटे रोल मिलने लगे। सवाल: ‘हनुमान अंश’ के बाद आपके करियर में क्या बदलाव आया? जवाब: मैंने ‘वॉर 2’ और ‘पति पत्नी और वो 2’ जैसी फिल्मों में काम किया है। ‘अनुपमा’ और ‘सीआईडी’ जैसे सीरियल भी किए हैं। पहले सोशल मीडिया पर मेरे करीब 10 फॉलोअर्स थे। अब मेरी पहचान बढ़ी है और लोग मुझे जानने लगे हैं। ‘हनुमान अंश’ मेरे लिए बहुत खास है। मैं इसे अभाव का प्रभाव कहता हूं, क्योंकि कम संसाधनों के बावजूद सभी ने मिलकर इसे बनाया। अब दर्शकों की उम्मीदें भी बढ़ गई हैं। इसलिए आगे कोई भी प्रोजेक्ट चुनते समय ज्यादा जिम्मेदारी महसूस करूंगा।
अभिनेत्री तनुश्री दत्ता ने वरिष्ठ अभिनेता नाना पाटेकर के निधन और उनके अंतिम संस्कार के समय पर सवाल खड़े किए हैं। इंस्टाग्राम लाइव के दौरान तनुश्री ने दावा किया कि बॉलीवुड या मीडिया से किसी भी व्यक्ति ने नाना पाटेकर का पार्थिव शरीर नहीं देखा। उन्होंने देर रात 11:28 बजे अंतिम संस्कार किए जाने की जल्दबाजी पर भी आपत्ति जताई है। तनुश्री ने आरोप लगाया है कि कानूनी मामलों से बचने के लिए यह नाटक रचा गया हो सकता है। 8 अक्टूबर को 75 वर्ष की उम्र में दिल का दौरा पड़ने से नाना पाटेकर का निधन हुआ था। इंस्टाग्राम लाइव में अंतिम संस्कार पर उठाए सवाल तनुश्री दत्ता ने इंस्टाग्राम लाइव में कहा कि बॉलीवुड और मीडिया के लोगों को श्रद्धांजलि देने के लिए कोई प्रार्थना सभा आयोजित नहीं की गई। उन्होंने कहा कि हिंदू धर्म की परंपरा के अनुसार आमतौर पर सूर्यास्त के बाद अंतिम संस्कार नहीं किया जाता है, लेकिन नाना पाटेकर का अंतिम संस्कार 8 अक्टूबर की रात 11:28 बजे पुणे के पास डोन्जे गांव वाले फार्महाउस पर किया गया। तनुश्री ने सवाल उठाया कि इतनी रात के अंधेरे में अंतिम संस्कार करने की क्या जल्दी थी और क्या उनके परिवार ने भी चेहरा ठीक से देखा था। 'अस्पताल ले जाने के वीडियो और फोटो क्यों नहीं हैं' तनुश्री ने इंस्टाग्राम लाइव में अस्पताल से जुड़ी प्रक्रियाओं पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जब उनका एक्सीडेंट हुआ था, तब भी फोटो और वीडियो सामने आए थे। हालांकि, नाना पाटेकर को अस्पताल ले जाने, वहां मृत घोषित करने और पोस्टमार्टम किए जाने का एक भी वीडियो या फोटो सामने नहीं आया। उन्होंने दावा किया कि अंतिम संस्कार के समय चेहरा ढका हुआ था, जिससे किसी को असलियत पता नहीं चली। विदेश में जिंदा होने का दावा, डीएनए टेस्ट की मांग तनुश्री दत्ता ने यह भी दावा किया कि जिस शरीर का अंतिम संस्कार किया गया, वह नाना पाटेकर का नहीं था। उन्होंने आशंका जताई कि कानूनी मुकदमों और पुलिस जांच से बचने के लिए फर्जी डेथ सर्टिफिकेट बनवाया गया हो सकता है और अभिनेता सिंगापुर या मलेशिया में मौजूद हो सकते हैं। मीटू आंदोलन से शुरू हुआ था विवाद तनुश्री दत्ता और नाना पाटेकर के बीच विवाद साल 2008 से चला आ रहा है। तनुश्री ने फिल्म 'हॉर्न ओके प्लीज' के एक गाने की शूटिंग के दौरान नाना पाटेकर पर यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए थे। साल 2018 में जब भारत में मीटू (#MeToo) आंदोलन शुरू हुआ, तब यह मामला दोबारा सुर्खियों में आया। तनुश्री के वकील नितिन सतपुते ने अक्टूबर 2018 में मुंबई के ओशिवारा पुलिस स्टेशन में अर्जी देकर नाना पाटेकर, कोरियोग्राफर गणेश आचार्य, प्रोड्यूसर समी सिद्दीकी और डायरेक्टर राकेश सारंग का नार्को-एनालिसिस और लाई-डिटेक्टर टेस्ट कराने की मांग की थी। हालांकि, जून 2019 में पुलिस ने जांच के बाद नाना पाटेकर को क्लीन चिट दे दी थी। नाना पाटेकर ने आरोपों पर बात की थी साल 2024 में लल्लनटॉप को दिए इंटरव्यू में नाना पाटेकर से पूछा गया था कि तनुश्री द्वारा उन पर गंभीर आरोप लगाए जाने पर उन्हें गुस्सा आया था। इस पर नाना ने कहा था, “झूठ है, तो गुस्सा किस बात का? अब जो बातें हो गई थीं, उसके बारे में क्या बोलें। मुझे गुस्सा नहीं आया।” एफआईआर के सवाल पर नाना ने कहा था, “वो तो ठीक है, वो बाकी का कुछ भी होता है, उसके लिए मुझे कोई दिक्कत नहीं है, लेकिन अभी इतने सामने अगर कोई एक बच्चा-बच्ची बोले कि हमने... इसने हमसे ज्यादती की, अब सभी मालूम है न सबको क्या हुआ है। कुछ नहीं मालूम, ही नहीं कुछ हुआ ही नहीं था, तो हमें क्या मालूम हुआ होता? हुआ होता तो कुछ हम बयान करते थे, बताते। कोई कहता है कि आपने ऐसे किया, हम क्या कहेंगे? हमने नहीं किया, इसके अलावा क्या कह सकते हैं।” ये खबर भी पढ़ें नाना पाटेकर की पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट सामने आई:हार्ट की नस में खून का थक्का जमने से आया था हार्ट अटैक नाना पाटेकर की पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सामने आया है कि उनका निधन हार्ट अटैक से हुआ था। गोवा मेडिकल कॉलेज और अस्पताल (GMCH) के एक सीनियर डॉक्टर ने रविवार को न्यूज एजेंसी PTI को यह जानकारी दी। पूरी खबर पढ़ें
करण जौहर ने 13 साल बाद फिर सलमान खान से वर्जिनिटी पर सवाल किया है। टॉक शो 'कॉफी विद करण सीजन 9' के पहले एपिसोड में सलमान पहले गेस्ट के तौर पर शामिल हुए हैं। इसके प्रोमो वीडियो में करण जौहर ने सलमान से 13 साल पुराना वही सवाल दोहराया कि क्या आप अभी भी वर्जिन हैं?। इस पर सलमान खान ने अपने अंदाज में चुटकी लेते हुए जवाब दिया- कंट्रोल भाई, कंट्रोल। इससे पहले करण ने यही सवाल साल 2013 में सीजन 4 के दौरान पूछा था, जिस पर सलमान के जवाब ने विवाद खड़ा कर दिया था। 13 साल बाद फिर पूछा वर्जिनिटी का सवाल नए प्रोमो में सलमान खान और करण जौहर के बीच हल्की-फुल्की नोकझोंक देखने को मिल रही है। करण जौहर ने इंटरों में सलमान को एक समझदार इंसान के तौर पर पेश करते हुए उनके हालिया बयान 'इट्स डन ब्रो' का जिक्र किया, जो उन्होंने सोनम वांगचुक के अनशन के दौरान लिखा था। बातचीत के दौरान करण ने पुराना सवाल दोहराते हुए पूछा कि क्या वे अब भी वर्जिन हैं? इस पर सलमान ने मजाकिया लहजे में हाथ जोड़कर कंट्रोल करने को कहा। इसके साथ ही सलमान ने तंज कसते हुए पूछा कि क्या करण 'लास्ट सीजन' बोलकर सभी स्टार्स को शो में बुला रहे हैं। जब करण ने कहा कि वे सच में वापस नहीं आएंगे, तो सलमान ने 'कुछ कुछ होता है' का डायलॉग बोलते हुए कहा- करण तुसी ना जाओ। 2013 में सीजन 4 के दौरान क्या हुआ था विवाद? 1 दिसंबर 2013 को स्टार वर्ल्ड पर 'कॉफी विद करण सीजन 4' का पहला एपिसोड प्रसारित हुआ था। इस शो में पहली बार काउच पर बैठे सलमान खान से करण जौहर ने उनकी लव लाइफ, अफेयर्स और शादियों को लेकर सवाल पूछे। तब करण जौहर के इस सवाल पर सलमान खान ने बेहद गंभीर चेहरा बनाकर कहा था, हां, मैं वर्जिन हूं और खुद को शादी के लिए बचाकर रख रहा हूं। सलमान खान का यह बयान आते ही इंटरनेट पर वायरल हो गया। उस दौर में सोशल मीडिया पर इस बयान को लेकर कई मीम्स बनाए गए। न्यूज चैनल्स पर यह डिबेट का मुद्दा बना। कई लोगों ने सलमान के इस बयान को सच मानकर उन पर सवाल उठाए, जबकि फिल्म इंडस्ट्री के जानकारों का मानना था कि सलमान ने करण जौहर के निजी सवालों का मजाक उड़ाने के लिए यह जवाब दिया था। यह बयान करीब तीन साल बाद एक बार फिर चर्चा में आया। 2016 में ‘कॉफी विद करण’ के पांचवें सीजन के 100वें एपिसोड में सलमान अपने भाइयों अरबाज खान और सोहेल खान के साथ पहुंचे थे। इस दौरान करण जौहर ने उनसे दोबारा यही सवाल किया। सलमान ने मुस्कुराते हुए कहा कि कुछ नहीं बदला है और वह अब भी वर्जिन हैं। करण जौहर का स्पष्टीकरण और किताब में जिक्र मामला बढ़ता देख बाद में करण जौहर को खुद कई मंचों पर इस बयान की सच्चाई बतानी पड़ी थी। करण जौहर ने अपनी बायोग्राफी ‘एन अनसूटेबल बॉय’और कई इंटरव्यूज में खुलासा किया कि सलमान खान ने वह बात पूरी तरह से मजाक में कही थी। करण ने बताया कि सलमान का सेंस ऑफ ह्यूमर ऐसा है कि वे बिना मुस्कुराए या गंभीर चेहरा बनाकर भी मजाक कर सकते हैं। हालांकि, बाद में करण जौहर ने साफ किया था कि सलमान ने यह बात किसी गंभीर कबूलनामे के तौर पर नहीं, बल्कि अपने सेंस ऑफ ह्यूमर के तहत मजाक में कही थी। पैपराजी और पर्सनल लाइफ पर खुलकर बोले सलमान प्रोमो में करण जौहर ने सलमान की तारीफ करते हुए कहा कि वे अब काफी शांत और संयमित नजर आते हैं। इस पर सलमान ने कहा कि जो सलाह वे दूसरों को देते थे, अब एक ऐसा वक्त आ गया है जब उन्हें खुद अपनी सलाह माननी पड़ रही है। इसके अलावा एपिसोड में सलमान पैपराजी कल्चर, सोशल मीडिया ब्रांडिंग, सेहत से जुड़ी समस्याओं और अपनी फिजिकल ट्रांसफॉर्मेशन पर भी बात करते दिखेंगे। पपराजी और फोन कैमरों पर चुटकी लेते हुए सलमान ने कहा कि जिसने फोन में कैमरा बनाया है, अगर वह मिल जाए तो ....…। वहीं जब करण ने पूछा कि क्या वे रैपिड फायर हैंपर के लिए लड़ेंगे, तो सलमान ने हंसते हुए कहा कि वे हैंपर नहीं बल्कि 'पैम्पर' के लिए लड़ेंगे। 22 साल बाद बंद हो रहा 'कॉफी विद करण' करण जौहर ने 30 सितंबर को एक वीडियो पोस्ट कर ऐलान किया था कि यह 'कॉफी विद करण' का आखिरी सीजन होगा। उन्होंने याद दिलाया कि 16 अगस्त 2004 को इस शो का पहला एपिसोड शूट हुआ था। 22 सालों में 8 सीजन के तहत कुल 161 एपिसोड्स प्रसारित किए जा चुके हैं। करण ने स्वीकार किया कि इस शो के कारण 'नेपोटिज्म' और विवादों से उनका नाम जुड़ा, लेकिन दर्शकों का प्यार भी मिला। इस आखिरी सीजन में सलमान खान के अलावा विजय देवरकोंडा, रश्मिका मंदाना, काजोल, करीना कपूर, जया बच्चन, आमिर खान, सैफ अली खान और फरहान अख्तर जैसे स्टार्स भी शिरकत करेंगे। ये खबर भी पढ़ें 22 साल बाद खत्म होगा ‘कॉफी विद करण’:कभी शो में कंगना ने करण को कहा था मूवी माफिया; सलमान-दीपिका के बयानों की भी हुई थी चर्चा करण जौहर का मशहूर चैट शो ‘कॉफी विद करण’ 22 साल के लंबे सफर के बाद बंद होने जा रहा है। शो का 9वां और अंतिम सीजन 14 अक्टूबर से जियोहॉटस्टार पर स्ट्रीम होगा। करण जौहर ने शो के अंतिम सीजन की घोषणा की। पूरी खबर पढ़ें
वेब सीरीज ‘द रॉयल्स’ के दूसरे सीजन की शूटिंग के लिए बॉलीवुड एक्टर ईशान खट्टर और दिग्गज एक्ट्रेस जीनत अमान मंगलवार को जयपुर पहुंचे। दोनों कलाकार एयर इंडिया की फ्लाइट से मुंबई से जयपुर आए। मंगलवार से सीरीज के दूसरे शेड्यूल का फिल्मांकन शुरू हो गया है। इस शेड्यूल में जयपुर के साथ सामोद और मंडावा की ऐतिहासिक एवं हेरिटेज लोकेशन पर शूटिंग की जाएगी। राजस्थान के महलों, हवेलियों और परंपरा को पर्दे पर दिखाने के लिहाज से ये स्थान खास माने जाते हैं। इससे पहले वेब सीरीज की शूटिंग जैसलमेर और जयपुर में भी हो चुकी है। अब दूसरे शेड्यूल में राजस्थान की अलग-अलग ऐतिहासिक लोकेशन को कहानी का हिस्सा बनाया जाएगा। शाही विरासत और आधुनिक कहानी का मेल ‘द रॉयल्स’ की कहानी और इसके शाही परिवेश के कारण राजस्थान की लोकेशन सीरीज के लिए अहम मानी जा रही हैं। जयपुर, सामोद और मंडावा की ऐतिहासिक इमारतें कहानी के दृश्यात्मक प्रभाव को और खास बना सकती हैं। खास तौर पर मंडावा अपनी पुरानी हवेलियों और भित्तिचित्रों के लिए जाना जाता है, जबकि सामोद अपने महल और पारंपरिक राजस्थानी स्थापत्य के लिए प्रसिद्ध है। ऐसे में दूसरे शेड्यूल की शूटिंग के दौरान इन स्थानों की झलक दर्शकों को देखने को मिल सकती है। ईशान खट्टर ने फिल्मों और वेब सीरीज में बनाई पहचान ईशान खट्टर ने कम उम्र में ही हिंदी सिनेमा में अपनी अलग पहचान बनाई है। उन्होंने वर्ष 2017 में ईरानी फिल्मकार माजिद मजीदी की फिल्म ‘बियॉन्ड द क्लाउड्स’ से अभिनय की शुरुआत की थी। इस फिल्म में उनके अभिनय को सराहना मिली। इसके बाद वर्ष 2018 में शशांक खेतान के निर्देशन में बनी फिल्म ‘धड़क’ से उन्होंने हिंदी सिनेमा में मुख्य अभिनेता के रूप में पहचान हासिल की। इस फिल्म में उनके साथ जाह्नवी कपूर नजर आई थीं। ईशान ने आगे चलकर ‘खाली पीली’, ‘फोन भूत’, ‘पिप्पा’ और ‘ए सूटेबल बॉय’ जैसे प्रोजेक्ट्स में काम किया। फिल्म ‘पिप्पा’ में उन्होंने 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध की पृष्ठभूमि पर आधारित कहानी में एक सैन्य अधिकारी की भूमिका निभाई। वहीं, वेब सीरीज ‘ए सूटेबल बॉय’ में उनके अभिनय को भी दर्शकों और समीक्षकों ने नोटिस किया। अलग-अलग तरह के किरदारों के जरिए ईशान ने अपनी अभिनय क्षमता को विस्तार देने की कोशिश की है। जीनत अमान की वापसी से सीरीज को लेकर बढ़ी दिलचस्पी जीनत अमान हिंदी सिनेमा की उन अभिनेत्रियों में शामिल हैं, जिन्होंने 1970 और 1980 के दशक में अपनी अलग पहचान बनाई। वर्ष 1970 में मिस एशिया पैसिफिक का खिताब जीतने के बाद उन्होंने अभिनय की दुनिया में कदम रखा। देव आनंद की फिल्म ‘हरे रामा हरे कृष्णा’ से उन्हें व्यापक लोकप्रियता मिली। इस फिल्म में उनके अभिनय के लिए उन्हें फिल्मफेयर पुरस्कार भी मिला। इसके बाद जीनत अमान ने ‘यादों की बारात’, ‘रोटी कपड़ा और मकान’, ‘धर्मवीर’, ‘डॉन’, ‘सत्यम शिवम सुंदरम’, ‘कुर्बानी’ और ‘दोस्ताना’ जैसी फिल्मों में काम किया। खास तौर पर ‘डॉन’ में रोमा और ‘सत्यम शिवम सुंदरम’ में रूपा के उनके किरदार काफी चर्चित रहे।
एक्ट्रेस और सांसद कंगना रनोट ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से जुड़े अपराधों पर चिंता जताई। मंगलवार को उन्होंने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक खबर शेयर की। इसमें जर्मनी में एक रोबोट पर लड़की के साथ गलत हरकत करने का आरोप लगाया गया था। इस खबर के साथ कंगना ने लिखा कि दुनिया अभी AI के दौर में पूरी तरह पहुंची भी नहीं है, लेकिन इससे जुड़े अपराध शुरू हो गए हैं। उन्होंने कहा कि अभी कई अपराध इसलिए नहीं होते, क्योंकि अपराधियों को पकड़े जाने का डर होता है या उनमें ऐसा करने की हिम्मत नहीं होती। कंगना ने सवाल उठाया कि अगर भविष्य में AI से अपराध करने में कोई रुकावट नहीं रही, तो दुनिया कैसी होगी? क्या है पूरा मामला? दरअसल, जर्मनी के कोलोन शहर में 16 साल की लड़की के साथ गलत हरकत करने के आरोप में पुलिस ने एक रोबोट जब्त किया है। आरोप है कि रोबोट ने लड़की के पीछे से आकर उसके शरीर को गलत तरीके से छुआ और उसके साथ अश्लील हरकतें कीं। घटना के समय लड़की अपने दोस्तों के साथ एक फास्ट फूड रेस्टोरेंट के बाहर खड़ी थी। बताया गया है कि इस घटना को सोशल मीडिया पर लाइव स्ट्रीम भी किया गया था। यह घटना रविवार को कोलोन की व्यस्त सड़क होहेनजोलर्नरिंग पर हुई। डेली मेल की रिपोर्ट के मुताबिक, करीब 1.2 मीटर लंबा लाल और सुनहरे रंग का रोबोट अचानक लड़की के पीछे पहुंचा। इसके बाद उसने लड़की के कूल्हों को छुआ और उसके शरीर से सटकर अश्लील हरकतें कीं। इस मामले में रोबोट के 16 साल के मालिक और उसके 19 साल के साथी पर घटना की वीडियो रिकॉर्डिंग करने और लाइव स्ट्रीमिंग के दौरान कमेंट्री करने का शक है। रोबोट का मालिक वेगबर्ग का रहने वाला बताया गया है। कार की डिक्की में छिपाया था रोबोट घटना की सूचना मिलने के बाद कोलोन पुलिस ने जांच शुरू की। पुलिस को संदिग्ध मैग्नसश्ट्रासे और होहेनजोलर्नरिंग के चौराहे के पास मिले। अधिकारियों के मुताबिक, रोबोट को एक वोक्सवैगन कार की डिक्की में छिपाकर रखा गया था। पुलिस के पहुंचने से पहले उसके मालिक ने उसे कार में रख दिया था। पुलिस ने रोबोट के साथ दोनों संदिग्धों के दो मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। इन मोबाइल फोन की जांच की जाएगी, ताकि घटना की रिकॉर्डिंग और सोशल मीडिया पर लाइव स्ट्रीमिंग से जुड़ी जानकारी मिल सके। रोबोट को कौन चला रहा था, इसकी जांच जारी कोलोन पुलिस इस मामले में यौन उत्पीड़न की आशंका के तहत जांच कर रही है। जांचकर्ता यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि घटना के समय रोबोट कैसे काम कर रहा था और क्या कोई व्यक्ति दूर से उसकी गतिविधियों को नियंत्रित कर रहा था। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि दोनों संदिग्धों की इस घटना में क्या भूमिका थी। फिलहाल रोबोट की गतिविधियों, उसे नियंत्रित करने के तरीके और घटना की रिकॉर्डिंग से जुड़े सभी पहलुओं की जांच जारी है।
मशहूर अमेरिकी टीवी सीरीज ब्रेकिंग बैड में वॉल्टर व्हाइट के बेटे का किरदार निभाने वाले अभिनेता आरजे मिटे की 34 साल की उम्र में मौत हो गई। अमेरिकी एंटरटेनमेंट वेबसाइट TMZ ने आरजे मिटे के रिप्रेजेंटेटिव के हवाले से बताया कि एक्टर ने सोमवार को टेक्सास में आत्महत्या की। जन्म के समय हुई थी दिमाग को चोट आरजे मिटे का पूरा नाम रॉय फ्रैंक मिटे तृतीय था। उनका जन्म 21 अगस्त 1992 को अमेरिका के मिसिसिपी राज्य के जैक्सन शहर में हुआ था। जन्म के समय उनकी हालत गंभीर थी। उन्हें इमरजेंसी सिजेरियन ऑपरेशन से पैदा किया गया था। जन्म के समय वह सांस नहीं ले रहे थे। इसके कारण उनके दिमाग को स्थायी नुकसान पहुंचा था। जन्म के कुछ हफ्तों बाद उन्हें रॉय फ्रैंक मिटे जूनियर और डायना मिटे ने गोद लिया था। जब वह सिर्फ दो महीने के थे, तब उनके माता-पिता अलग हो गए। इसके बाद उनकी मां ने उनकी परवरिश की। उनका बचपन लुइसियाना के लाफायेट और टेक्सास के ऑस्टिन शहरों में बीता। बचपन में पैरों पर लगाए गए थे प्लास्टर मिटे को तीन साल की उम्र में सेरेब्रल पाल्सी होने का पता चला। सेरेब्रल पाल्सी का मतलब है कि उन्हें बचपन से चलने-फिरने और शरीर की गतिविधियों को नियंत्रित करने में परेशानी होती थी। उन्होंने अपने अनुभव का इस्तेमाल हॉलीवुड में दिव्यांग कलाकारों के अधिकारों की आवाज उठाने के लिए किया था। डॉक्टरों ने उनके पैरों को सीधा करने के लिए छह महीने तक प्लास्टर लगाया था। बचपन में वह पैरों में सपोर्ट लगाने वाले उपकरणों और बैसाखियों की मदद से चलते थे। हालांकि, खेल और एक्सरसाइज की मदद से धीरे-धीरे उनका शरीर मजबूत हुआ। किशोरावस्था तक पहुंचते-पहुंचते उन्हें चलने के लिए इन उपकरणों की जरूरत नहीं रही। जब मिटे 13 साल के थे, तब उनकी मां लकवाग्रस्त हो गईं। इसके बाद उन्होंने परिवार की आर्थिक जिम्मेदारी संभालनी शुरू कर दी। उस समय उनकी छोटी बहन भी परिवार का हिस्सा थीं। इतनी कम उम्र में उन्होंने परिवार की मदद के लिए काम करना शुरू किया। ‘ब्रेकिंग बैड’ से मिली दुनिया भर में पहचान मिटे ने अपने करियर की शुरुआत छोटे रोल से की थी। वह डिज्नी के शो ‘हाना मोंटाना’ में भी नजर आए थे। इसके बाद उन्होंने एक्टिंग की ट्रेनिंग ली। जल्द ही उन्हें अमेरिकी टीवी सीरीज ‘ब्रेकिंग बैड’ में वॉल्टर व्हाइट जूनियर का किरदार मिला। इस सीरीज में उनके किरदार को भी सेरेब्रल पाल्सी था और वह बैसाखियों की मदद से चलता था। हालांकि, असल जिंदगी में उस समय मिटे को बैसाखियों की जरूरत नहीं थी। सीरीज में उन्होंने ब्रायन क्रैंस्टन और अन्ना गन के साथ काम किया। दोनों ने उनके ऑन-स्क्रीन माता-पिता का किरदार निभाया था। इस शो में उनके अभिनय को दिव्यांग लोगों की बेहतर पहचान और प्रतिनिधित्व के लिए भी सराहा गया। फिल्मों और टीवी में भी किया काम ‘ब्रेकिंग बैड’ के अलावा मिटे ने ‘द ओक रूम’, ‘ट्रायम्फ’, ‘द गार्डियंस ऑफ जस्टिस’ और ‘द अनसीन’ जैसी फिल्मों और सीरीज में काम किया। 2019 में आई फिल्म ‘स्टैंडिंग अप फॉर सनी’ में उन्होंने मुख्य भूमिका निभाई थी। ब्रायन क्रैंस्टन ने जताया दुख 'ब्रेकिंग बैड' के लीड एक्टर ब्रायन क्रैंस्टन ने मिटे के निधन पर दुख जताया। उन्होंने कहा कि कुछ हफ्ते पहले ही दोनों लंच पर मिलने की योजना बना रहे थे। क्रैंस्टन ने लिखा, “आज रात यह लिखते हुए मैं गहरे दुख में हूं। ब्रेकिंग बैड में मेरे प्यारे बेटे आरजे मिटे का निधन हो गया।” उन्होंने लिखा, “जब वह सिर्फ 14 साल के थे, तब मैं उनसे मिला था। उन्हें वॉल्टर व्हाइट जूनियर के किरदार के लिए चुना गया था। उन्होंने यह भूमिका खुशी और उत्साह के साथ निभाई।” क्रैंस्टन ने कहा, “सेरेब्रल पाल्सी के साथ जन्म लेने के बावजूद, आरजे ने कभी इस चुनौती को किसी काम के लिए बहाना नहीं बनने दिया।” उन्होंने आगे लिखा, “उन्होंने शूटिंग के कठिन शेड्यूल का पूरी दृढ़ता से सामना किया। वह अपनी टीवी मां अन्ना गन और मुझसे मिली सलाह हमेशा सुनते थे, लेकिन किशोर होने के नाते, वह कभी-कभी शरारत से हमारी सलाह नजरअंदाज भी कर देते थे। वह मुश्किल तरीके से सीखना चाहते थे। वह एक हिट टीवी शो के सितारों में से एक थे, लेकिन फिर भी एक बच्चे थे।” क्रैंस्टन ने कहा कि जब मिटे टीम से जुड़े थे, तब वह अभिनय में कच्चे थे। बाद में वह एक बेहतरीन अभिनेता बने। उन्होंने कहा कि मिटे ने शो में अपने अनुभव का इस्तेमाल दिव्यांग कलाकारों के लिए खुलकर आवाज उठाने में किया। क्रैंस्टन ने लिखा, “उनकी सारी उम्मीद और क्षमता अब खो गई है। यह जानना बेहद दुखद है कि उन्होंने अपनी जान ले ली। क्यों?”
एक्ट्रेस नुसरत भरूचा ने बाली में हुए हादसे के बाद रीढ़ की हड्डी की सर्जरी कराई है। सर्जरी के बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर अपनी पहली हेल्थ अपडेट शेयर की है। सामने आए वीडियो में नुसरत कुर्सी पर बैठी नजर आ रही हैं। उनके हाथ में कई ड्रिप्स लगी हैं और नर्स उन्हें खाना खिला रही है। नुसरत भरूचा ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक वीडियो शेयर किया, जिसमें वह टीवी पर शाहरुख खान और काजोल का गाना देख रही हैं। इस दौरान उनके हाथ में कई ड्रिप्स लगी हुई दिखाई दे रही हैं और नर्स उन्हें खाना खिला रही है। इससे पहले एक्ट्रेस ने इंस्टाग्राम स्टोरी पर खिड़की के पास रखी खाली रिक्लाइनिंग व्हीलचेयर की तस्वीर शेयर की थी। तस्वीर में दूर सूर्यास्त का नजारा दिखाई दे रहा था। इसके साथ उन्होंने लिखा था, 'हमेशा से सनसेट का पीछा करती रही हूं, और अचानक मेरा नजारा बदल गया। लेकिन, पिक्चर अभी बाकी है मेरे दोस्त।' बाली में हुआ था हादसा, रीढ़ की हड्डी में आया फ्रैक्चर नुसरत भरूचा काम और छुट्टियां बिताने के लिए बाली गई थीं, जहां वह एक हादसे का शिकार हो गईं। उनकी टीम की ओर से जारी बयान के मुताबिक, इस दुर्घटना में उनकी रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर हो गया था। इलाज के लिए उन्हें हवाई जहाज से मुंबई लाया गया था। शूटिंग के दौरान घायल हुई थीं नुसरत साल 2023 में नुसरत भरूचा के शूटिंग के दौरान घायल होने की दो घटनाएं सामने आई थीं। अप्रैल 2023 में फिल्म ‘अकेली’ की शूटिंग के दौरान भी नुसरत हादसे का शिकार हुई थीं। एक सीन में उन्हें भागते हुए दिखाया जाना था। इसी दौरान वह संगमरमर के फर्श पर सिर के बल गिर गई थीं। हादसे के बाद वह करीब आधे घंटे तक दर्द से रोती रहीं। डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें कुछ दिन आराम करने की सलाह दी थी। वहीं, जनवरी 2023 में फिल्म ‘छोरी 2’ की शूटिंग के दौरान एक एक्शन सीन करते समय उनके चेहरे पर चोट लग गई थी। चोट इतनी थी कि उन्हें चेहरे और भौंह के पास टांके लगवाने पड़े थे। इसके बाद उनका एक वीडियो भी सामने आया था, जिसमें वह टांके लगवाती नजर आई थीं। अगस्त 2021 में शूटिंग के दौरान तबीयत बिगड़ी थी इससे पहले अगस्त 2021 में नुसरत की शूटिंग के दौरान अचानक तबीयत बिगड़ गई थी। वह लव रंजन की फिल्म की शूटिंग कर रही थीं। करीब 23-24 दिनों से लगातार काम करने के कारण वह काफी थक गई थीं। घटना वाले दिन उन्हें तेज चक्कर आए और वह ठीक से खड़ी या बात नहीं कर पा रही थीं। इसके बाद उन्हें मुंबई के हिंदुजा अस्पताल ले जाया गया। वहां उनका ब्लड प्रेशर 65/55 तक गिर गया था। डॉक्टरों ने जांच के बाद इसे गंभीर वर्टिगो अटैक बताया था। इसकी वजह ज्यादा तनाव और थकान बताई गई थी। इलाज के बाद उन्हें घर भेज दिया गया। डॉक्टरों ने 15 दिन आराम की सलाह दी थी। उनकी वजह से फिल्म की शूटिंग भी रोक दी गई थी।
आमतौर पर मां-बाप अपने बच्चों को ज्यादा देर तक मोबाइल या वीडियो गेम खेलने से रोकते हैं, लेकिन चीन की 60 वर्षीय झोंग जुआनजुआन की कहानी कुछ अलग है। कभी वह अपने बेटे को गेम खेलने से रोकने के लिए इंटरनेट कैफे तक पहुंच जाती थीं, लेकिन आज वही गेमिंग उनकी पहचान बन चुकी है। इंटरनेट की दुनिया में वह ‘आंटी जुआन’ के नाम से मशहूर हैं और हजारों लोग उन्हें लाइव गेम खेलते हुए देखना पसंद करते हैं।
न दुकानदार, न CCTV और न ताला… मिजोरम के गांवों में भरोसे से चलती हैं ये अनोखी दुकानें
आज के समय में किसी दुकान की सुरक्षा के लिए CCTV कैमरे, ताले और दुकानदार की मौजूदगी आम बात है।
प्रसाद समझकर 3 तोले की सोने की चेन निगल गया बैल, 15 दिन बाद सर्जरी से निकली
महाराष्ट्र के मालेगांव तालुका के वनपत गांव से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है।
कभी घर-घर पहुंचाता था पिज्जा, आज 3 रेस्टोरेंट का मालिक; मेहनत से बदली इस भारतीय की जिंदगी
कहते हैं कि अगर इंसान में मेहनत करने और आगे बढ़ने का जुनून हो, तो मुश्किल हालात भी उसके रास्ते को ज्यादा लंबे समय तक नहीं रोक सकते।
सीने में तेज दर्द के बाद अस्पताल पहुंची महिला, सर्जरी में पेट से निकले 14 पेन, 5 चम्मच और मोमबत्ती
आंध्र प्रदेश के पलनाडु जिले से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां 33 वर्षीय महिला को सीने में तेज दर्द की शिकायत के बाद अस्पताल ले जाया गया। जांच के दौरान डॉक्टरों को उसके पेट के अंदर कई असामान्य वस्तुएं मौजूद होने का पता चला। सर्जरी के दौरान महिला के पेट से 14 पेन, 5 लकड़ी के चम्मच और एक मोमबत्ती निकाली गई।
ऑस्ट्रेलिया में बना दुनिया का सबसे भारी गोल्ड बार, 521 किलो वजन ने बनाया वर्ल्ड रिकॉर्ड
सोने की छोटी-सी ईंट या गोल्ड बार तो आपने कई बार देखी होगी
धरती पर कई ऐसे जीव पाए जाते हैं, जिनकी क्षमताएं इंसानों को हैरान कर देती हैं।
'मुझे चाइनीज मत बोलो, मैं इंडियन हूं...' मां ने बनाया था वीडियो, बेटी का जवाब सुनकर भावुक हुए लोग
अरुणाचल प्रदेश की राजधानी ईटानगर की छोटी-सी बच्ची करगा टिंकल गोंगो इन दिनों सोशल मीडिया पर छाई हुई है। टिंकल ने एक वीडियो में लोगों से कहा कि उसे चाइनीज न कहा जाए। उसका यह मासूम और भावुक वीडियो पूरे देश में वायरल हो गया।
नदी में मगरमच्छ के सामने बच्चे का बेखौफ अंदाज, वीडियो ने मचाई सनसनी
नदी के पानी में मगरमच्छ को देखकर किसी के भी होश उड़ सकते हैं, लेकिन सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो में एक बच्चे का बिल्कुल अलग ही अंदाज देखने को मिला। वीडियो में बच्चा नदी में एक छोटी नाव के पास बने फ्लोटिंग बोर्ड पर आराम से नजर आ रहा है। इसी दौरान एक मगरमच्छ तैरता हुआ उसके बेहद करीब पहुंच जाता है।
4,000 मीटर की ऊंचाई पर खिलता है 'हिमालयी हीरा', 7 से 15 साल में सिर्फ एक बार आता है फूल
प्रकृति अपने अनोखे और दुर्लभ चमत्कारों से समय-समय पर लोगों को हैरान करती रहती है।

