विराट-अनुष्का ने फैन के लिए लिखा स्पेशल नोट:अहमदाबाद में आईपीएल फाइनल के बाद तस्वीरें भी खिचाईं
बॉलीवुड एक्ट्रेस अनुष्का शर्मा और विराट कोहली ने अपने फैन को हाथ से लिखा एक स्पेशल नोट गिफ्ट किया है। हाल ही में यह कपल अहमदाबाद में आईपीएल फाइनल के बाद जहां उन्होंने अपनी एक फैन के साथ न सिर्फ तस्वीरें खिंचवाईं, बल्कि उसे नोट भी गिफ्ट किया। इस मुलाकात की तस्वीरें अब सोशल मीडिया पर सामने आई हैं, जिसमें दोनों अपने फैन के साथ खड़े दिखाई दे रहे हैं। फैन के लिए लिखा थैंक्यू नोटआशी नाम की एक फैन ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर विराट कोहली और अनुष्का शर्मा के साथ तस्वीरें शेयर की हैं। इसके साथ ही उसने कपल से मिले हाथ से लिखे नोट की फोटो भी पोस्ट की। इस नोट में लिखा है, 'आशी, सभी तरह की मदद के लिए थैंक्यू। हमारी तरफ से आपको शुभकामनाएं।' आशी ने पोस्ट के कैप्शन में लिखा कि विराट और अनुष्का की सर्विस करना और उनसे मिलना हमेशा याद रहने वाला पल है। उन्होंने हॉस्पिटैलिटी (मेहमाननवाजी) के इस अनुभव के लिए स्टार कपल का आभार जताया। अहमदाबाद मैच के बाद पहुंचे वृंदावनआईपीएल 2026 में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) की अहमदाबाद में हुई जीत के बाद की है। मैच के कुछ घंटों बाद ही विराट कोहली और अनुष्का शर्मा प्रेमानंद महाराज का आशीर्वाद लेने के लिए वृंदावन पहुंचे थे। इसके बाद दोनों ने दिल्ली का दौरा भी किया और फिर वे लंदन के लिए रवाना हो गए। 2024 में लंदन शिफ्ट हो चुका है कपलविराट कोहली और अनुष्का शर्मा की शादी को 9 साल हो चुके हैं। दोनों साल 2017 में इटली में शादी के बंधन में बंधे थे। कपल के दो बच्चे हैं। साल 2021 में उनकी बेटी वामिका का जन्म हुआ था और साल 2024 में उनके बेटे अकाय का जन्म हुआ। साल 2024 में ही विराट और अनुष्का आधिकारिक तौर पर लंदन शिफ्ट हो गए थे और अब वे वहीं स्थायी रूप से रहते हैं। 8 साल से बड़े पर्दे से दूर हैं अनुष्काअनुष्का शर्मा लंबे समय से बड़े पर्दे से दूर हैं। उन्हें आखिरी बार साल 2018 में आई फिल्म 'जीरो' में देखा गया था, जिसमें शाहरुख खान और कैटरीना कैफ भी मुख्य भूमिका में थे। इसके बाद से वे किसी फिल्म में नजर नहीं आई हैं। हालांकि, वे पूर्व भारतीय महिला क्रिकेटर झूलन गोस्वामी की बायोपिक 'चकदा एक्सप्रेस' से फिल्मों में वापसी करने वाली हैं। इस फिल्म का पहला लुक कुछ समय पहले रिलीज किया गया था, लेकिन इसकी रिलीज डेट को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक अपडेट सामने नहीं आया है। -------------------------------------------- ये खबर भी पढ़ें विराट कोहली IPL जीतने के बाद प्रेमानंदजी से मिलने पहुंचे:पत्नी अनुष्का भी साथ थीं; वृंदावन आश्रम में दोनों नंगे पैर चलते नजर आए IPL जीतने के बाद क्रिकेटर विराट कोहली और पत्नी अनुष्का शर्मा ने वृंदावन में संत प्रेमानंद के दर्शन किए। दोनों मंगलवार सुबह 7 बजे केली कुंज आश्रम पहुंचे। चेहरे पर मास्क लगाकर कार से उतरे और नंगे पांव आश्रम के अंदर गए। पूरी खबर पढ़ें
एक्टर सलमान खान परिवार के साथ मंगलवार को अपनी फैमिली फ्रेंड कुमुद राणे के अंतिम संस्कार में पहुंचे। इस दौरान सलमान के भाई सोहेल, अरबाज और उनकी मां सलमा खान भी मौजूद थीं। अंतिम संस्कार के दौरान सलमान काफी इमोशनल नजर आए। कुमद के निधन पर मेकअप आर्टिस्ट शीबा इकबाल ने लिखा, आज मैं अपनी प्रिय बॉस कुमद राणे मैडम को गहरे सम्मान और कृतज्ञता के साथ याद कर रही हूं। आप मेरे लिए सिर्फ एक बॉस नहीं थीं। आप एक दयालु लीडर, मार्गदर्शक और ऐसी इंसान थीं, जो हमेशा अपने आसपास के लोगों को प्रोत्साहित और सहयोग करती थीं।आपके साथ काम करते हुए मैंने सिर्फ अपने पेशे के बारे में ही नहीं, बल्कि समर्पण, प्रोफेशनल रवैये और दूसरों के प्रति दयालुता का महत्व भी सीखा। आपके मार्गदर्शन ने मेरे करियर को आकार दिया और आपके भरोसे ने मुझे अपने काम में आत्मविश्वास दिया। उन्होंने आगे लिखा, आपकी दयालुता और सहयोग की यादें हमेशा मेरे साथ रहेंगी। भले ही आज आप हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन हमारे जीवन पर आपका प्रभाव हमेशा बना रहेगा।ईश्वर आपकी आत्मा को शांति दे और आपको स्वर्ग में सर्वोच्च स्थान प्रदान करे। आप हमेशा हमारी यादों में जिंदा रहेंगी और आपकी कमी हमेशा महसूस होगी। पिछले महीने भी सलमान के दोस्त का निधन हुआ था पिछले महीने सलमान खान ने अपने 42 साल पुराने करीबी दोस्त सुशील कुमार के निधन पर सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए दुख जताया था। सलमान ने बताया था कि सुशील उनके लिए सिर्फ दोस्त नहीं बल्कि एक भाई की तरह थे। सुशील के लिए सलमान ने एक लंबा और इमोशनल नोट लिखा था। सलमान ने अपने और पिता सलीम खान के साथ सुशील की पुरानी तस्वीरें शेयर की हैं। एक्टर ने लिखा कि सुशील पिछले 42 सालों से उनके साथ भाई की तरह थे। वे एक बहुत ही दयालु और मददगार इंसान थे। सलमान के मुताबिक, चाहे आर्थिक तंगी हो, भावनात्मक परेशानी हो या शारीरिक बीमारी, सुशील के चेहरे से मुस्कान कभी कम नहीं होती थी। वे मुश्किल से मुश्किल हालात में भी डांस करते थे और मुस्कुराते रहते थे। 'की फरक नई पैंदा' कहते थे सुशीलसलमान ने सुशील की पॉजिटिव सोच को याद करते हुए बताया था कि वे हमेशा एक ही बात कहते थे- की फरक नई पैंदा, सब ठीक होगा (कोई फर्क नहीं पड़ता, सब ठीक हो जाएगा)। सलमान ने उन्हें एक ऐसा योद्धा बताया जिसने मौत का सामना किसी 'हैवीवेट चैंपियन' की तरह किया। एक्टर ने लिखा था, तुम्हारे लिए मेरी आंखों में आंसू नहीं हैं भाई, बल्कि सिर्फ तुम्हारी यादें और हंसी है। मेरा भाई चेहरे पर मुस्कान लिए दुनिया से गया। अंतिम विदाई पर भावुक हुए सलमानअपनी पोस्ट में सलमान ने जिंदगी की फिलॉसफी पर भी बात की थी। उन्होंने कहा था कि हम सभी को एक न एक दिन जाना है, बस कोई पहले जाता है और कोई बाद में। इसलिए जाने से पहले जीवन में कुछ ऐसा कर जाना चाहिए जिससे लोग आपको याद रखें। सलमान ने इमोशनल होते हुए लिखा कि वे सुशील को बहुत मिस करेंगे। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि वे इस खबर के बाद गुस्सा करना चाहते थे और रोना चाहते थे, लेकिन उन्होंने खुद को संभाला। 'मातृभूमि' फिल्म में नजर आएंगे सलमानवर्कफ्रंट की बात करें तो सलमान खान इन दिनों अपनी अगली फिल्म ‘मातृभूमि: मे वॉर रेस्ट इन पीस’ की तैयारी कर रहे हैं। इस फिल्म का निर्माण सलमा खान के बैनर सलमान खान फिल्म्स के तले हो रहा है। फिल्म का निर्देशन अपूर्व लाखिया कर रहे हैं और इसमें चित्रांगदा सिंह लीड रोल में नजर आएंगी।
एक्टर सलमान खान अपने परिवार के साथ मंगलवार को अपने फैमिली फ्रेंड कुमुद राणे के अंतिम संस्कार में पहुंचे। इस दौरान सलमान के भाई सोहेल, अरबाज और उनकी मां सलमा खान भी मौजूद थीं। परिवार ने कुमुद को श्रद्धांजलि अर्पित की। अंतिम संस्कार के दौरान सलमान काफी इमोशनल नजर आए। पिछले महीने भी सलमान के दोस्त का निधन हुआ था पिछले महीने सलमान खान ने अपने 42 साल पुराने करीबी दोस्त सुशील कुमार के निधन पर सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए दुख जताया था। सलमान ने बताया था कि सुशील उनके लिए सिर्फ दोस्त नहीं बल्कि एक भाई की तरह थे। सुशील के लिए सलमान ने एक लंबा और इमोशनल नोट लिखा था। सलमान ने अपने और पिता सलीम खान के साथ सुशील की पुरानी तस्वीरें शेयर की हैं। एक्टर ने लिखा कि सुशील पिछले 42 सालों से उनके साथ भाई की तरह थे। वे एक बहुत ही दयालु और मददगार इंसान थे। सलमान के मुताबिक, चाहे आर्थिक तंगी हो, भावनात्मक परेशानी हो या शारीरिक बीमारी, सुशील के चेहरे से मुस्कान कभी कम नहीं होती थी। वे मुश्किल से मुश्किल हालात में भी डांस करते थे और मुस्कुराते रहते थे। 'की फरक नई पैंदा' कहते थे सुशीलसलमान ने सुशील की पॉजिटिव सोच को याद करते हुए बताया था कि वे हमेशा एक ही बात कहते थे- की फरक नई पैंदा, सब ठीक होगा (कोई फर्क नहीं पड़ता, सब ठीक हो जाएगा)। सलमान ने उन्हें एक ऐसा योद्धा बताया जिसने मौत का सामना किसी 'हैवीवेट चैंपियन' की तरह किया। एक्टर ने लिखा था, तुम्हारे लिए मेरी आंखों में आंसू नहीं हैं भाई, बल्कि सिर्फ तुम्हारी यादें और हंसी है। मेरा भाई चेहरे पर मुस्कान लिए दुनिया से गया। अंतिम विदाई पर भावुक हुए सलमानअपनी पोस्ट में सलमान ने जिंदगी की फिलॉसफी पर भी बात की थी। उन्होंने कहा था कि हम सभी को एक न एक दिन जाना है, बस कोई पहले जाता है और कोई बाद में। इसलिए जाने से पहले जीवन में कुछ ऐसा कर जाना चाहिए जिससे लोग आपको याद रखें। सलमान ने इमोशनल होते हुए लिखा कि वे सुशील को बहुत मिस करेंगे। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि वे इस खबर के बाद गुस्सा करना चाहते थे और रोना चाहते थे, लेकिन उन्होंने खुद को संभाला। 'मातृभूमि' फिल्म में नजर आएंगे सलमानवर्कफ्रंट की बात करें तो सलमान खान इन दिनों अपनी अगली फिल्म ‘मातृभूमि: मे वॉर रेस्ट इन पीस’ की तैयारी कर रहे हैं। इस फिल्म का निर्माण सलमा खान के बैनर सलमान खान फिल्म्स के तले हो रहा है। फिल्म का निर्देशन अपूर्व लाखिया कर रहे हैं और इसमें चित्रांगदा सिंह लीड रोल में नजर आएंगी।
वेटरन एक्ट्रेस आशा पारेख ने हाल ही में बताया कि एक फिल्म के डांस नंबर के लिए उन्हें रिवीलिंग कॉस्ट्यूम पहनने का सुझाव दिया गया था, जिसका उन्होंने विरोध किया था। गौरतलब है कि फिल्म ‘पेद्दी’ में जान्हवी कपूर के प्रेजेंटेशन को लेकर बहस जारी है। फिल्म में जान्हवी के किरदार को कैमरे के कुछ एंगल्स और क्लोज-अप शॉट्स के जरिए ऑब्जेक्टिफाई किए जाने के आरोपों के बीच आशा पारेख और जया बच्चन ने फिल्म इंडस्ट्री में महिलाओं की प्रस्तुति को लेकर अपने अनुभव शेयर किए। ‘डेक्कन क्रॉनिकल’ को दिए इंटरव्यू में आशा पारेख ने बताया, मुझे याद है, एक बार एक डायरेक्टर ने मुझसे एक डांस नंबर के लिए काफी रिवीलिंग ड्रेस पहनने को कहा था। मैंने उनकी आंखों में देखकर पूछा, 'अगर आपकी बेटी यह ड्रेस पहने तो क्या आपको अच्छा लगेगा?' इसके बाद वह ड्रेस चुपचाप हटा दी गई। आशा पारेख ने आगे कहा, आज की हीरोइनें बहुत खूबसूरत हैं। उन्हें खुद को इस तरह दिखाने की कोई जरूरत नहीं है। देखिए, संजय लीला भंसाली अपनी हीरोइनों को कितने खूबसूरत और सलीके से पेश करते हैं। उनकी फिल्मों में एक्ट्रेसेस बेहद सुंदर लगती हैं। लेकिन दूसरे कुछ डायरेक्टर उन्हीं एक्ट्रेसेस को अलग तरीके से दिखाते हैं और उनका गलत फायदा उठाते हैं। एक डायरेक्टर ने जया को ऑब्जेक्टिफाई किया था वहीं, जया बच्चन ने कहा कि उनके साथ किसी ने भी सीमाएं लांघने की कोशिश नहीं की। उन्होंने बताया कि केवल एक बार उन्हें किसी डायरेक्टर ने ऑब्जेक्टिफाई किया था, जिसके बाद उन्होंने उस फिल्ममेकर के साथ दोबारा काम नहीं किया। वहीं, करीना ने कहा, पर्दे पर आकर्षक दिखने का मतलब छोटे या रिवीलिंग कपड़े पहनना नहीं है। किसी एक्ट्रेस को सिर्फ उसके शरीर के जरिए दिखाना भी जरूरी नहीं है। गौरतलब है कि हाल ही में रिलीज हुई फिल्म ‘पेद्दी’ के कुछ सीन्स को लेकर सोशल मीडिया पर आलोचना हुई, जिसके बाद डायरेक्टर बुच्ची बाबू सना ने दर्शकों से माफी मांगी और विवादित सीन्स हटा दिए गए। यह भी खबर भी पढ़ें… पेद्दी से हटाए गए जाह्नवी कपूर के विवादित सीन: डायरेक्टर ने माना कुछ सीन मिसलीडिंग थे; जाह्नवी को बोल्ड दिखाने पर शुरू हुआ था विवाद साउथ स्टार राम चरण और जाह्नवी कपूर की फिल्म ‘पेद्दी’ बॉक्स ऑफिस पर अच्छा परफॉर्म कर रही है, लेकिन फिल्म में जाह्नवी के किरदार को जरूरत से ज्यादा बोल्ड दिखाने पर विवाद खड़ा हो गया था। दर्शकों के विरोध के बाद फिल्म के डायरेक्टर बुच्ची बाबू सना ने कन्फर्म किया है कि फिल्म से सभी विवादित सीन हटा दिए गए हैं। पूरी खबर यहां पढ़ें…
साउथ स्टार राम चरण और जाह्नवी कपूर की फिल्म ‘पेद्दी’ बॉक्स ऑफिस पर अच्छा परफॉर्म कर रही है, लेकिन फिल्म में जाह्नवी के किरदार को जरूरत से ज्यादा बोल्ड दिखाने पर विवाद खड़ा हो गया था। दर्शकों के विरोध के बाद फिल्म के डायरेक्टर बुच्ची बाबू सना ने कन्फर्म किया है कि फिल्म से सभी विवादित सीन हटा दिए गए हैं। इंडियन एक्सप्रेस को दिए इंटरव्यू में उन्होंने माना कि फिल्म के कुछ सीन मिसलीडिंग थे। इससे पहलेबुच्ची बाबू सोशल मीडिया पर सार्वजनिक माफी मांग चुके हैं। डायरेक्टर बुच्ची बाबू सना ने दी सफाईविवाद बढ़ता देखकर डायरेक्टर बुच्ची बाबू सना ने इंटरव्यू में अपना पक्ष रखा। उन्होंने कहा, 'कई लोगों ने जाह्नवी कपूर के ट्रैक को गलत समझा। इस फिल्म में मुख्य किरदार एक बहुत ही पिछड़े पहाड़ी इलाके से आता है। मैं उसके किरदार के सीधेपन और वहां के माहौल को दिखाना चाहता था। वह जिस लड़की से प्यार करता है, उससे शादी करना चाहता है। इस प्रक्रिया में कुछ सीन गलत संदेश दे रहे थे। हमने अपनी गलती सुधारते हुए उन सीन को फिल्म से हटा दिया है।' जाह्नवी के सीन पर क्यों हुआ विवादफिल्म रिलीज होने के बाद दर्शकों ने जाह्नवी कपूर के किरदार 'अचियम्मा' को पर्दे पर दिखाने के तरीके पर आपत्ति जताई थी। लोगों का कहना था कि कैमरा जाह्नवी के अभिनय के बजाय उनके शारीरिक बनावट पर ज्यादा फोकस कर रहा था। इसके अलावा फिल्म में राम चरण और जाह्नवी के बीच दिखाए गए कुछ रोमांटिक सीन को लेकर भी विरोध हुआ था। सोशल मीडिया पर मांग चुके माफी इससे पहले बुच्ची बाबू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर एक पोस्ट लिखकर दर्शकों से माफी भी मांगी थी। उन्होंने लिखा था, 'मेरे मन में ऑन स्क्रीन और ऑफ स्क्रीन महिलाओं के लिए हमेशा से बहुत सम्मान रहा है। किसी भी महिला किरदार को गलत तरीके से दिखाना हमारा मकसद नहीं था। अगर फिल्म के किसी हिस्से से लोगों की भावनाओं को ठेस पहुंची है, तो हम ईमानदारी से माफी मांगते हैं। हर महिला सम्मान की हकदार है।' विवाद के बावजूद बॉक्स ऑफिस पर शानदार कमाईइस पूरे विवाद के बाद भी फिल्म 'पेड्डी' बॉक्स ऑफिस पर लगातार अच्छी कमाई कर रही है। फिल्म ने दुनिया भर में 300 करोड़ रुपए से ज्यादा का कलेक्शन कर लिया है। इस स्पोर्ट्स एक्शन ड्रामा फिल्म में राम चरण और जाह्नवी कपूर के अलावा जगपति बाबू, शिव राजकुमार, दिव्येंदु और बोमन ईरानी ने भी मुख्य भूमिकाएं निभाई हैं। ----------------------------------------------- ये खबर भी पढ़ें जाह्नवी कपूर के सपोर्ट में आईं साउथ एक्ट्रेस:बोलीं- 'पेड्डी' विवाद में एक्ट्रेस को नहीं, मेकर्स को जिम्मेदार ठहराएं; मेकअप आर्टिस्ट ने भी किया बचाव एक्ट्रेस जाह्नवी कपूर की फिल्म ‘पेड्डी’ में उनके किरदार के जरूरत से ज्यादा बोल्ड बताने को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। हालांकि अब जाह्नवी के समर्थन में उनकी मेकअप आर्टिस्ट सवलिन कौर मनचंदा और साउथ एक्ट्रेस डिंपल हयाती आ गई हैं। मेकअप आर्टिस्ट ने दावा किया है कि जाह्नवी ने पोस्ट प्रोडक्शन के दौरान आपत्तिजनक दृश्यों को हटाने की मांग की थी, जिसे डायरेक्टर ने नजरअंदाज कर दिया।पूरी खबर पढ़ें.. जाह्नवी कपूर ने क्या विवादित शॉट्स पर जताई थी आपत्ति:एक्ट्रेस की कथित पर्सनल चैट लीक; दावा- पेड्डी में राम चरण ने डायरेक्टर को डांटा था फिल्म 'पेड्डी' को लेकर चल रहे विवाद के बीच अभिनेत्री जाह्नवी कपूर की एक कथित पर्सनल चैट सोशल मीडिया पर लीक हो गई है। जाह्नवी के फैन क्लब्स की तरफ से शेयर किए गए इन स्क्रीनशॉट्स में दावा किया जा रहा है कि अभिनेत्री ने फिल्म की शूटिंग के दौरान कुछ आपत्तिजनक कैमरा एंगल पर चिंता जताई थी। पूरी खबर पढ़ें
एक्ट्रेस कंगना रनोट की अपकमिंग फिल्म 'भारत भाग्य विधाता' 12 जून को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है। हालांकि, इस फिल्म का बॉक्स ऑफिस पर अच्छा प्रदर्शन करना आसान नहीं होगा। एक तरफ कंगना की पिछली कई फिल्में बुरी तरह फ्लॉप हुई हैं, वहीं, जिस दिन यानी 12 जून को 'भारत भाग्य विधाता' रिलीज होगी, उसी दिन 3 अन्य बॉलीवुड फिल्में भी रिलीज होंगी।, जिससे बॉक्स ऑफिस पर क्लैश की स्थिति बन रही है। कंगना की पिछली कई फिल्में फ्लॉप रहीं कंगना की पिछली पांच फिल्मों का प्रदर्शन बॉक्स ऑफिस पर खराब रहा है। पिछली फिल्म 'इमरजेंसी' (2025) में कंगना ने इंदिरा गांधी की भूमिका निभाई और खुद डायरेक्शन भी किया। लगभग 60 करोड़ रुपए के बजट वाली इस फिल्म ने भारत में करीब 23.81 करोड़ रुपए की कमाई की और डिजास्टर साबित हुई। इससे पहले रिलीज हुई फिल्म 'तेजस' (2023) का बजट लगभग 70 करोड़ रुपए था। फिल्म ने मात्र 8.05 करोड़ रुपए की कमाई की और डिजास्टर साबित हुई। वह तमिल फिल्म 'चंद्रमुखी 2' में नजर आई थीं। 65 करोड़ रुपए के बजट वाली इस फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर करीब 54:10 करोड़ रुपए कमाए और फ्लॉप रही। वहीं, 'धाकड़' (2022) में कंगना एक्शन हीरोइन बनीं। 85 करोड़ रुपए के बजट वाली यह फिल्म सिर्फ 4.01 करोड़ रुपए कमा सकी थी और बॉक्स ऑफिस पर बुरी तरह फ्लॉप रही। 'थलाइवी' (2021) तमिल-हिंदी बाइलिंगुअल बायोपिक थी, जिसमें कंगना ने जे. जयललिता का रोल किया। 100 करोड़ रुपए के बजट वाली इस फिल्म ने करीब 8.50 करोड़ रुपए की कमाई की और फ्लॉप रही। रिलीज के दिन तीन फिल्मों से क्लैश फिल्म 'भारत भाग्य विधाता' 12 जून 2026 को रिलीज हो रही है। जून 2026 में कई बड़ी फिल्में रिलीज हो रही हैं। 12 जून को 'भारत भाग्य विधाता' के साथ इम्तियाज अली की 'मैं वापस आऊंगा', मनोज बाजपेयी स्टारर 'गवर्नर: द साइलेंट सेवियर' और विक्रम भट्ट की 'हॉन्टेड 3D: इकोज ऑफ द पास्ट' भी रिलीज हो रही हैं। इसके अलावा जून के बाकी दिनों में शाहिद कपूर, कृति सेनन और रश्मिका मंदाना की 'कॉकटेल 2' (19 जून) तथा अक्षय कुमार की 'वेलकम टू द जंगल' (26 जून) जैसी बड़ी फिल्में भी रिलीज होने वाली हैं। इसके अलावा 4 जून को रिलीज हुई 'पेड्डी' और 5 जून को रिलीज हुई 'है जवानी है तो इश्क होना है' भी बॉक्स ऑफिस पर चल रही हैं। 'भारत भाग्य विधाता' की बात करें तो यह फिल्म 26/11 मुंबई आतंकी हमलों की वास्तविक घटनाओं पर आधारित है। PEN स्टूडियोज द्वारा प्रस्तुत इस फिल्म में कंगना नर्स की भूमिका में हैं। फिल्म में कंगना के अलावा गिरिजा ओक, स्मिता तांबे, अमृता नामदेव, ईशा डे, प्रिया बेर्डे और आशा शेलार भी अहम भूमिकाओं में हैं।
सोमवार को दीपिका पादुकोण और रणवीर सिंह मुंबई के बांद्रा वेस्ट स्थित अपने समुद्र किनारे बने नए क्वाड्रुप्लेक्स घर की बालकनी में नजर आए। दोनों घर के इंटीरियर के काम की प्रोग्रेस देखने पहुंचे थे। जो तस्वीरें और वीडियो सामने आए, उनमें दीपिका सफेद को-ऑर्ड आउटफिट में दिखीं, जबकि रणवीर ने लाल टी-शर्ट, काली पैंट और काली कैप पहनी हुई थी। वहीं हाल ही में दूसरी बार प्रेग्नेंट दीपिका का बेबी बंप भी नजर आया। खबरों के अनुसार, दूसरे बच्चे के जन्म के बाद कपल नए आलीशान घर में शिफ्ट हो सकता है। समुद्र के सामने बना यह लग्जरी क्वाड्रुप्लेक्स अपार्टमेंट काफी बड़ा और शानदार बताया जा रहा है। अप्रैल में की थी प्रेग्नेंसी अनाउंसमेंट दीपिका पादुकोण ने 19 अप्रैल को अपनी दूसरी प्रेग्नेंसी अनाउंस की थी। दीपिका और रणवीर के इंस्टाग्राम हैंडल पर उनकी बेटी दुआ की एक तस्वीर शेयर की गई थी, जिसमें बेटी ने एक प्रेग्नेंसी टेस्ट किट पकड़ी हुई है, जो पॉजिटिव रिजल्ट दिखा रहा है। तस्वीर में रणवीर बेटी को गोद में लिए हुए हैं, हालांकि उनका चेहरा दिखाई नहीं दे रहा था। वहीं, तस्वीर में दुआ का आधा चेहरा नजर आ रहा था। 2024 में बेटी दुआ का जन्म हुआ था बता दें कि दीपिका और रणवीर ने 8 सितंबर 2024 को अपनी बेटी दुआ के जन्म की जानकारी दी थी। उस समय उन्होंने लिखा था, ‘वेलकम बेबी गर्ल। 8-9-2024। दीपिका और रणवीर।’ इससे पहले फरवरी 2024 में दीपिका ने प्रेग्नेंसी की घोषणा की थी। दोनों की लव स्टोरी 2013 में फिल्म 'गोलियों की रासलीला राम-लीला' के सेट से शुरू हुई थी। कई सालों तक रिश्ते में रहने के बाद दोनों ने 2018 में इटली में शादी की थी। कपल के वर्कफ्रंट की बात करें तो रणवीर हाल ही में फिल्म धुरंधर और धुरंधर 2 में नजर आए थे। दोनों ही फिल्में बॉक्स ऑफिस पर सुपरहिट साबित हुईं। 'धुरंधर' के पहले पार्ट ने दुनियाभर में 1307 करोड़ रुपए का कारोबार किया था, जबकि इसके सीक्वल को भी दर्शकों का शानदार रिस्पॉन्स मिला था। धुरंधर 2 ने बॉक्स ऑफिस पर शानदार कमाई करते हुए भारत में दूसरी सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म बनने का रिकॉर्ड बनाया। सैकनिल्क के मुताबिक, फिल्म ने भारत में करीब ₹1149 करोड़ नेट कलेक्शन और दुनियाभर में लगभग ₹1813 करोड़ ग्रॉस कमाई की है। ग्रॉस कलेक्शन टिकट से कुल कमाई और नेट कलेक्शन टैक्स के बाद की कमाई होती है। वहीं, दीपिका शाहरुख खान के साथ फिल्म किंग में नजर आएंगी।
एक्ट्रेस मंजरी फडनिस ने एक स्ट्रीट कुत्ते की कथित तौर पर पीट-पीटकर हत्या किए जाने के मामले पर गहरा दुख जताया है। माइकी की देखभाल मंजरी और उनकी सोसायटी के अन्य निवासी पिछले सात सालों से कर रहे थे। मंजरी ने सोशल मीडिया पर एक इमोशनल वीडियो शेयर कर बताया कि माइकी नाम का लंबे बालों वाला स्ट्रीट कुत्ता था, जिसे उसके परिवार ने छोड़ दिया था। वह 2019-20 से सोसायटी में रह रहा था। कुछ समय पहले उसके अचानक लापता होने के बाद निवासी उसकी तलाश में जुट गए थे। उन्होंने बताया कि माइकी को खोजने के लिए पोस्टर लगाए गए, सुरक्षा गार्डों और स्टाफ से पूछताछ की गई, लेकिन उसका कोई पता नहीं चल सका। मंजरी ने दावा किया- माइकी पर हमला हुआ मंजरी के अनुसार, बाद में एक व्यक्ति ने कथित तौर पर स्वीकार किया कि माइकी पर उस समय हमला किया गया जब वह बिल्डिंग के बेसमेंट क्षेत्र के पास सो रहा था। एक्ट्रेस ने आरोप लगाया कि उसके सिर पर किसी बड़े डंडे या लोहे की रॉड से वार किया गया, जिसके बाद उसे सीढ़ियों के पास घसीटकर और मारा गया। उन्होंने यह भी दावा किया कि घायल कुत्ते को बाद में एक बोरे में डालकर बिल्डिंग के पीछे स्थित खाड़ी क्षेत्र में फेंक दिया गया। मंजरी ने कहा कि फिलहाल उसके शव की तलाश की जा रही है। मंजरी ने माइकी के लिए न्याय मांगा वीडियो में इमोशनल होते हुए मंजरी ने स्ट्रीट एनिमल की सुरक्षा पर सवाल उठाए और इस मामले में न्याय की मांग की। उन्होंने कहा कि माइकी बेहद शांत स्वभाव का कुत्ता था और सोसायटी के लोग उसकी देखभाल करते थे। वे उसे घर ले जाकर नहलाते, ग्रूमिंग करते और उसके बाल सुलझाते थे। कई फिल्मों में भी बना चुकी हैं पहचान मंजरी फडनिस पशु प्रेमी हैं और सोशल मीडिया पर इससे जुड़ी पोस्ट शेयर करती हैं। करियर की बात करें तो उन्हें इमरान खान और जेनेलिया डिसूजा के साथ फिल्म ‘जाने तू... या जाने ना’ से पहचान मिली। वह ‘ग्रैंड मस्ती’, ‘वार्निंग’, ‘किस किसको प्यार करूं’, ‘होटल मिलन’ समेत हिंदी और क्षेत्रीय सिनेमा के कई प्रोजेक्ट्स में काम कर चुकी हैं।
फिल्म हॉन्टेड 3डी: इकोस ऑफ द पास्ट के कलाकार मिमोह चक्रवर्ती और चेतना पांडे ने दैनिक भास्कर से बातचीत में अपने संघर्ष, फिल्म और निजी अनुभव साझा किए। चेतना ने बताया कि वह एक्टिंग का सपना लगभग छोड़ चुकी थीं, लेकिन विक्रम भट्ट के एक फोन ने उनकी जिंदगी बदल दी। मिमोह ने फिल्म की कहानी को इसकी सबसे बड़ी ताकत बताया। दोनों कलाकारों ने शूटिंग के किस्से, हॉरर फिल्मों के अनुभव, मिथुन चक्रवर्ती से मिली सीख और फिल्म की खासियतों पर बात की। सवाल: ‘हॉन्टेड 3डी: इकोस ऑफ द पास्ट’ तक पहुंचने का आपका सफर कैसा रहा? जवाब/चेतना पांडे: इस फिल्म से मेरा जुड़ाव किस्मत जैसा है। मुंबई आए मुझे काफी समय हो गया है और मेरी संघर्षभरी यात्रा रही है। आउटसाइडर होने पर बहुत मेहनत और ऑडिशन देने के बाद भी कई बार लगता है कि बड़े सपने पूरे नहीं होंगे। मैं नैनीताल से हूं। इंडस्ट्री में आने के बाद समझ आया कि यहां जगह बनाना आसान नहीं है। मैंने छोटे-छोटे रोल किए, जैसे शाहरुख खान की फिल्म दिलवाले में काम किया। कई बार लगा कि अब वह मौका नहीं मिलेगा, जिसका मैं इंतजार कर रही हूं। लेकिन मैंने कभी हार नहीं मानी। करीब तीन साल पहले मेरी मुलाकात विक्रम भट्ट सर से हुई थी। उस समय मैं लगभग अपने सपने छोड़ चुकी थी। मैंने उनसे कहा था कि मैंने बहुत मेहनत की है, लेकिन अब लगता है कि मुझे वह मौका नहीं मिलेगा। उन्होंने कहा कि मैं टैलेंटेड हूं और एक दिन बड़ा काम करूंगी। फिर करीब एक साल तक हमारी बात नहीं हुई। मैं खतरों के खिलाड़ी सीजन 12 कर रही थी, तभी उनका फोन आया। उन्होंने कहा कि मुझसे मिलो, मेरे पास तुम्हारे लिए कुछ है। उस समय हॉन्टेड 3डी: इकोस ऑफ द पास्ट की शूटिंग शुरू हो चुकी थी और दूसरी अभिनेत्री फिल्म कर रही थी। विक्रम सर ने मेरी तस्वीर देखी और उन्हें लगा कि उन्हें उनकी ‘सुनहरी’ मिल गई है। अगले दिन उन्होंने मुझे बुलाया और मेरा कॉन्ट्रैक्ट साइन हो गया। दूसरे दिन से मैंने शूटिंग शुरू कर दी। पहले दिन के बाद सर ने मेरी तारीफ की। तभी मुझे लगा कि यह फिल्म मुझे ही करनी थी। सवाल: मिमोह, आप पहले भी हॉन्टेड का हिस्सा रह चुके हैं। इस फिल्म की कौन-सी बात आपको सबसे खास लगी? जवाब/मिमोह चक्रवर्ती: सबसे खास इसकी कहानी लगी। ‘हॉन्टेड 3डी’ 15 साल पहले आई थी और भारत की पहली स्टीरियोस्कोपिक 3डी फिल्म थी। उसके गाने और कहानी दर्शकों को पसंद आए थे। जब विक्रम सर ने मुझे इसके सीक्वल की कहानी सुनाई तो मुझे तुरंत समझ आ गया कि दर्शकों को यह फिल्म पसंद आएगी। इसमें हॉरर, शानदार गाने और मजबूत कहानी है। मुझे लगता है कि इस फिल्म का असली हीरो इसकी कहानी है। हमने कलाकारों के तौर पर अपना सौ प्रतिशत देने की कोशिश की है, लेकिन दर्शकों को सबसे ज्यादा इसकी कहानी पसंद आएगी। इसी वजह से मैंने तुरंत फिल्म के लिए हां कर दी। सवाल: चेतना को फिल्म में लेने से पहले तीन दिन की शूटिंग किसी और अभिनेत्री के साथ हो चुकी थी। फिर सब कुछ दोबारा शूट करना पड़ा। उस समय क्या महसूस हुआ? जवाब/मिमोह चक्रवर्ती: विक्रम सर इस फिल्म को लेकर कोई समझौता नहीं करना चाहते थे। हॉन्टेड के प्रशंसकों की उम्मीदें बड़ी हैं। लोग आज भी पूछते हैं कि क्या यह पहली फिल्म जैसी होगी, इसके गाने कैसे होंगे और प्रेम कहानी कैसी होगी। विक्रम सर के दिमाग में ‘सुनहरी’ का किरदार पूरी तरह साफ था। जब चेतना ने पहला सीन किया, तब हम सभी को लगा कि हमें हमारी सुनहरी मिल गई है। सवाल: चेतना, फिल्म का सबसे मुश्किल सीन कौन-सा था? जवाब/चेतना पांडे: वह सीन टीजर में भी दिखाया गया है। उसमें मेरी पहली मुलाकात देव से होती है। उस सीन में मुझे बिना कुछ बोले आंखों और एक्सप्रेशंस से बताना था कि क्या हो रहा है और सामने वाले को कैसे व्यवहार करना है, क्योंकि वहां एक भूत मौजूद होता है। यह मेरे लिए चुनौतीपूर्ण सीन था। सवाल: शूटिंग के दौरान कौन-सा सीन सबसे डरावना था और किस सीन में सबसे ज्यादा हंसी आई? जवाब/मिमोह चक्रवर्ती: हंसी वाला किस्सा एक गाने की शूटिंग के दौरान हुआ था। एक सीन में मुझे चेतना को देखते हुए बाहर निकलना था और कैमरे से नजर नहीं हटानी थी। मैं सीन में इतना डूबा था कि दीवार पर ध्यान नहीं गया। बाहर निकलते ही सीधे दीवार से टकरा गया और सिर लग गया। चेतना ने यह देखा तो जोर-जोर से हंसने लगीं। फिर पूरे सेट पर हंसी का माहौल बन गया। पूरे दिन हम लोग हंसते रहे। मजेदार बात यह थी कि हम हॉरर फिल्म शूट कर रहे थे, लेकिन उस दिन कॉमेडी ज्यादा हो गई। जहां तक डरावने सीन की बात है, हमारी फिल्म सिर्फ जंप स्केयर पर निर्भर नहीं करती। इसमें डर का एहसास माहौल और कहानी से आता है। फिल्म देखते समय दर्शकों को लगातार लगेगा कि कुछ बुरा होने वाला है और यही इसकी खासियत है। सवाल: चेतना, आपके लिए ‘सुनहरी’ का किरदार कितना चुनौतीपूर्ण था? जवाब/चेतना पांडे: मेरे लिए इस फिल्म का हर सीन चुनौतीपूर्ण था। मुझे नहीं लगता कि जिंदगी में फिर कभी इतना मुश्किल और परतदार किरदार मिलेगा। असल जिंदगी में मैं बहुत बातूनी और चंचल हूं, लेकिन सुनहरी बिल्कुल अलग है। वह शांत है, कम बोलती है और उसकी भावनाएं चेहरे और आंखों में नजर आती हैं। मैंने विक्रम सर से कई बार पूछा कि उन्होंने मुझमें ऐसा क्या देखा। उन्होंने कहा कि मेरे अंदर जो है, शायद मैं खुद भी नहीं जानती, लेकिन वह उसे देख सकते हैं। यह बात मेरे लिए बहुत खास थी। सवाल: क्या आप भूत-प्रेत या अलौकिक शक्तियों पर विश्वास करती हैं? जवाब/चेतना पांडे: पहले मैं इन चीजों पर ज्यादा विश्वास नहीं करती थी, लेकिन मेरे पिता ने अपने कुछ अनुभव बताए। उन्होंने कहा कि एक बार उनके साथ ऐसी घटना हुई थी, जिसमें उन्हें कुछ समय तक याद नहीं रहा कि क्या हुआ था। पहाड़ों में ऐसी कई कहानियां सुनने को मिलती हैं। मैंने आसपास भी कुछ घटनाएं देखी हैं, इसलिए अब मैं इन चीजों पर विश्वास करती हूं। हालांकि मेरे साथ अभी तक ऐसा कोई अनुभव नहीं हुआ है। सवाल: अगर सच में किसी भूत से सामना हो जाए, तो उससे क्या मांगेंगे? जवाब/मिमोह चक्रवर्ती: मैं उससे कुछ नहीं मांगूंगा, मैं तो वहां से भाग जाऊंगा। (हंसते हुए) मेरी जिंदगी बहुत अच्छी चल रही है, मुझे उससे कुछ लेने की जरूरत नहीं है। लोग कहते हैं कि काश ऐसा अनुभव हो, लेकिन सच में अगर सामने भूत आ जाए तो हालत खराब हो जाएगी। फिल्म में मैं भूत से लड़ रहा हूं, लेकिन रियल लाइफ में भूत दिख गया तो सबसे पहले मैं ही भागूंगा। सवाल: चेतना, अगर आपको किसी हॉन्टेड जगह पर जाना पड़े, तो अपने साथ किसे लेकर जाएंगी? जवाब/चेतना पांडे: मैं विक्रम भट्ट सर को अपने साथ लेकर जाऊंगी। (हंसते हुए) क्योंकि अगर वहां सच में कोई हॉरर घटना होने लगी, तो सर तुरंत कहेंगे- ये तो बहुत रियल है, इस पर एक और फिल्म बनाते हैं। वहीं नई फिल्म की तैयारी शुरू हो जाएगी। सवाल: विक्रम भट्ट की कौन-सी फिल्म आपको सबसे ज्यादा पसंद है? जवाब/मिमोह चक्रवर्ती: मुझे विक्रम सर की लगभग सभी फिल्में पसंद हैं। गुलाम मेरी पसंदीदा फिल्मों में से एक है। हॉन्टेड भी मुझे पसंद थी। बचपन में मैं अपने पिता के साथ हॉरर फिल्में देखता था और बहुत डर जाता था। कई बार आंखें बंद करके उंगलियों के बीच से स्क्रीन देखता था। तब सोचता था कि कलाकार ऐसे सीन कैसे शूट करते होंगे। अब हॉरर फिल्म करने के बाद समझ आया कि यह कितना मुश्किल काम है। सवाल: अगर इस फिल्म का कोई सीन दोबारा शूट करने का मौका मिले तो कौन-सा सीन करना चाहेंगे? जवाब/मिमोह चक्रवर्ती: देव और सुनहरी के लगभग सभी सीन खास हैं। उनकी प्रेम कहानी सीधी-सादी नहीं है। जितना वे करीब आना चाहते हैं, हालात उतना ही उन्हें दूर धकेलते हैं। अगर मौका मिले तो मैं गुफा वाला सीन दोबारा करना चाहूंगा। वह खूबसूरत और भावनात्मक सीन था। चेतना पांडे: उस दिन मिमोह के पिता मिथुन चक्रवर्ती भी सेट पर मौजूद थे। मैं बहुत नर्वस थी, लेकिन सीन खत्म होने के बाद उन्होंने और विक्रम सर ने हमारी तारीफ की। वह पल मैं कभी नहीं भूलूंगी। सवाल: मिथुन चक्रवर्ती आपको काम को लेकर क्या सलाह देते हैं? जवाब/मिमोह चक्रवर्ती: पापा हमेशा कहते हैं कि जो भी किरदार निभाओ, पूरी ईमानदारी से निभाओ। अगर आप किरदार के प्रति ईमानदार नहीं होंगे तो दर्शक तुरंत पकड़ लेंगे। वह कहते हैं कि सेट पर मिमोह नहीं, सिर्फ किरदार नजर आना चाहिए। यही उनकी सबसे बड़ी सीख है, जिसे मैं हमेशा याद रखता हूं। सवाल: अपने पिता मिथुन चक्रवर्ती से जुड़ी कोई खास याद साझा करना चाहेंगे? जवाब/मिमोह चक्रवर्ती: मेरे लिए सबसे खास याद वह है, जब मुझे हॉन्टेड की पहली फिल्म मिली थी। मैं विक्रम भट्ट सर से मिला था। उसी शाम घर लौटते समय उनका मैसेज आया कि मैं फिल्म का हीरो हूं। पहले मुझे यकीन नहीं हुआ। मैंने सर को फोन करके पूछा कि क्या सच में मैं ही फिल्म कर रहा हूं। उन्होंने कहा, कल ऑफिस आओ और कॉन्ट्रैक्ट साइन करो। जब मैं घर पहुंचा, तो मां और पापा दोनों वहीं थे। मैंने उन्हें बताया कि मुझे फिल्म मिल गई है और मैं उसका हीरो हूं। उस पल उनके चेहरे की खुशी मैं कभी नहीं भूल सकता। खासकर पापा की आंखों में जो गर्व और खुशी थी, वह मेरे लिए बहुत मायने रखती है। उन्होंने ज्यादा कुछ नहीं कहा, बस मुस्कुराकर मेरी तरफ देखा। आज भी उनकी वह मुस्कान मुझे याद है। मेरे लिए वह किसी भी अवॉर्ड से बड़ी बात थी। पापा से जुड़ी यादें सिर्फ इसी एक पल तक सीमित नहीं हैं। बचपन में मैं उनसे काफी डरता था। उनकी पर्सनैलिटी इतनी मजबूत है कि उनके सामने हर कोई थोड़ा नर्वस हो जाता है। लेकिन समय के साथ हमारा रिश्ता बदल गया। आज वह सिर्फ मेरे पिता नहीं, बल्कि मेरे दोस्त भी हैं। हम ऊटी में होटल बिजनेस भी साथ संभालते हैं। कई फैसले मिलकर लेते हैं और जिंदगी की कई बातें शेयर करते हैं। वह अब मुझसे दोस्त की तरह बात करते हैं, सलाह देते हैं और अपने अनुभव साझा करते हैं। इसलिए मेरे लिए कोई एक याद चुनना मुश्किल है, लेकिन हॉन्टेड मिलने के बाद उनके चेहरे पर जो गर्व और खुशी मैंने देखी थी, वह पल मेरी जिंदगी की सबसे खूबसूरत और भावुक यादों में हमेशा शामिल रहेगा।
9 जून 1975 अमीषा पटेल का जन्म गुजरात के रईस बिजनेसमैन अमित पटेल और पंजाबी NRI मां आशा के घर हुआ। मां और पिता का नाम जोड़कर उन्हें अमीषा नाम दिया गया। 5 की उम्र में उन्हें भरतनाट्यम की ट्रेनिंग दिलवाई गई। उनके दादाजी रजनी पटेल मशहूर बैरिस्टर और कांग्रेस के बड़े राजनेता थे। उनके नाम पर 1986 में मुंबई की रोड का नाम बैरिस्टर रजनी पटेल मार्ग रखा गया है। मनीष पॉल के पॉडकास्ट में अमीषा ने बताया था कि उनके दादाजी महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री तक बनने वाले थे। वो इंदिरा गांधी के करीबी थे। इंदिरा गांधी, अमीषा पटेल के पेरेंट्स की शादी में भी पहुंची थीं। उन्होंने खुद शादी ऐसी डेट पर रखी, जिस दिन वो काम में व्यस्त न हों और शादी अटेंड कर सकें। यहां तक की जब अमीषा का जन्म हुआ, इंदिरा गांधी वो पहली शख्स थीं, जो अस्पताल पहुंची थीं। 16 साल की उम्र में अमीषा अपने पिता के साथ सहेली के संगीत में पहुंची थीं। वहां पिता के साथ बोर्डिंग स्कूल में पढ़ चुके बचपन के दोस्त राकेश रोशन भी पहुंचे थे। जब अमीषा ने बिंदास अंदाज में डांस करना शुरू किया तो राकेश रोशन की उन पर नजर पड़ गई। वो सीधे उनके पिता के पास पहुंचे और पूछा- ये कौन है। गर्लफ्रेंड? जवाब मिला- नहीं राकेश, ये मेरी बेटी है अमीषा। अभी अभी बोस्टन से पढ़ाई कर लौटी है। राकेश ने उनसे कहा- जब मैं अपने बेटे ऋतिक को लॉन्च करूंगा, तो तुम्हारी बेटी को हीरोइन बनाऊंगा। पिता ने कहा- नहीं, वो तो पढ़ाई के लिए बॉस्टन जा रही है। फिल्मों में काम करने का तो सवाल ही नहीं उठता। शुरुआती पढ़ाई के बाद अमीषा ने बोस्टन की TUFT यूनिवर्सिटी से बायो जेनेटिक इंजीनियरिंग की और बाद में इकॉनोमिक्स की पढ़ाई की। अमीषा के पिता अमित पटेल का अक्सर फिल्मी दुनिया के लोगों के साथ उठना-बैठना होता था। एक दिन उन्होंने बॉस्टन में रह रहीं अमीषा को कॉल कर बताया कि विनोद अंकल (विनोद खन्ना) चाहते हैं कि तुम उनके बेटे अक्षय खन्ना की डेब्यू फिल्म हिमालय पुत्र से फिल्मों में डेब्यू करो, लेकिन हमने इनकार कर दिया। हम नहीं चाहते कि तुम्हारी पढ़ाई पर असर पड़े। अमीषा ने इस बात कर ध्यान नहीं दिया, क्योंकि फिल्मों में आने का उन्होंने खुद भी कभी सोचा नहीं था। कुछ दिन बीते, तो पिता ने फिर बताया फिरोज खान ने भी उन्हें बेटे फरदीन खान की फिल्म प्रेम अगन ऑफर की है, लेकिन इस बार भी उन्होंने इनकार कर दिया। जब वो फाइनल ईयर में बॉम्बे लौटीं, तो एक दिन राकेश रोशन ने उन्हें लंच पर इनवाइट किया। अमीषा पिता-मां के साथ गईं। वहां राकेश के बेटे ऋतिक भी मौजूद थे। उन्होंने पढ़ाई की खूब बातें कीं, अमीषा ने अपना सीवी और अमेरिका के मॉर्गन स्टेनली बैंक से मिली जॉब का लेटर भी दिखाया। कुछ देर बाद जब अमीषा वॉशरूम गईं तो राकेश रोशन ने बेटे ऋतिक से पूछा कि क्या उन्हें अपकमिंग फिल्म कहो न प्यार है में कास्ट करना चाहिए। ऋतिक की हामी मिलने पर राकेश ने अमीषा के आते ही उन्हें फिल्म ऑफर कर दी। दरअसल, उस समय राकेश रोशन ने बेटे ऋतिक रोशन और करीना कपूर के साथ फिल्म कहो न प्यार है शुरू की थी, लेकिन करीना ने राकेश रोशन और मां बबीता की अनबन होने पर फिल्म छोड़ दी थी। ऑफर मिलने पर अमीषा ने पूछा- आपकी फिल्म में तो हीरोइन फाइनल हो चुकी है। इस पर राकेश ने कहा- नहीं, मैं तुम्हें हीरोइन बनाना चाहता हूं। ये सुनकर अमीषा ने हामी भर दी। उन्होंने सोचा कि अगर पहली फिल्म फ्लॉप हुई, तो वो इकोनॉमिक्स में नौकरी शुरू कर देंगी, लेकिन खुशकिस्मती से फिल्म सुपरहिट रही और अमीषा पटेल एक स्टार बन गईं और आज भी फिल्मों से जुड़ी हुई हैं। आज अमीषा पटेल 51 साल की हो चुकी है। उनके बर्थडे के खास मौके पर जानिए, उनकी जिंदगी से जुड़ी रोचक कहानी, कुछ मजेदार किस्सों के साथ- कहो न प्यार है करते हुए मिली गदर, 12 घंटों तक दिया स्क्रीनटेस्ट अमीषा पटेल ने कुछ दिनों की एक्टिंग ट्रेनिंग लेने के बाद कहो न प्यार है की शूटिंग शुरू की। इसी समय उन्हें अनिल शर्मा की फिल्म गदर के ऑडिशन की जानकारी मिली। वो ऑडिशन के लिए गईं, जिसके लिए पहले ही 500 लड़कियां ऑडिशन दे चुकी थीं। 22 लड़कियों को स्क्रीनटेस्ट के लिए शॉर्टलिस्ट किया गया था, जिनमें अमीषा भी शामिल हुईं। उनका स्क्रीनटेस्ट 12 घंटे तक चला। आखिरकार अनिल शर्मा ने उन्हें गदर में कास्ट कर लिया। सिलेक्शन के बाद अमीषा पटेल को गदर साइन करने पर ताने मिले। सभी का मानना था कि करियर की शुरुआत में अमीषा को मां का रोल नहीं करना चाहिए, लेकिन वो ये रोल करने पर अड़ी थीं। अमीषा ने एक साथ कहो न प्यार है और गदर की शूटिंग की। एक फिल्म में वो चुलबुली लड़की थीं और दूसरी में एक भारत-पाकिस्तान के बीच हुए दंगों की सर्वाइवर। सबसे पहले उनकी फिल्म कहो न प्यार है रिलीज हुई। हर किसी ने राकेश रोशन को सलाह दी कि वो न्यूकमर ऋतिक और अमीषा की इस फिल्म को शाहरुख खान की फिल्म फिर भी दिल है हिंदुस्तानी और आमिर खान की फिल्म मेला के आसपास रिलीज न करें। कहो न प्यार है 14 जनवरी 2000 में रिलीज हुई, जबकि मेला 7 जनवरी 2000 और फिर भी दिल है हिंदुस्तानी 21 जनवरी 2000 को रिलीज हुई। बड़े क्लैश के बावजूद कहो न प्यार है ब्लॉकबस्टर रही और उस साल की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म बनी। इसके बाद रिलीज हुई अमीषा पटेल की फिल्म गदर भी ब्लॉकबस्टर रही और उनकी गिनती टॉप एक्ट्रेस में होने लगी। गदर में अमीषा ने पाकिस्तानी सकीना का किरदार निभाया, जिसमें सनी देओल ने तारा सिंह का किरदार निभाया था। दोनों की जोड़ी काफी पसंद की गई थी। कुछ सालों बाद अमीषा पटेल को सनी देओल के भाई बॉबी देओल के साथ हमराज फिल्म मिली। फिल्म के क्लाइमैक्स सीन में अमीषा को अक्षय खन्ना को गोली मारकर, बॉबी से गले लगना था। फिल्म की शूटिंग जयपुर के किले में हुई, जहां शूटिंग देखने के लिए भारी भीड़ जमा थी। जैसे ही अमीषा ने बॉबी को गले लगाया, वैसे ही दर्शकों की भीड़ ने चिल्लाना शुरू किया। भीड़ के लोग चिल्लाकर बॉबी देओल से कह रहे थे- सकीना को छोड़ दे, वो तेरे भाई तारा सिंह की अमानत है। उसे छोड़ दे। ये सुनते ही सेट पर मौजूद पूरी टीम जोर से हंस पड़ी और सीन दोबारा करना पड़ा। कहो न प्यार है और गदर जैसी शुरुआती फिल्मों ने अमीषा को स्टार बनाया, लेकिन बाद में उनकी बैक-टु-बैक कई फिल्में फ्लॉप होने लगीं। इनमें आप मुझे अच्छे लगने लगे, क्रांति शामिल रहीं। ह्यूमर देख आमिर खान ने ऐश्वर्या को हटाकर किया अमीषा को कास्ट अमीषा की फ्लॉप हो रहीं फिल्मों के बीच एक रोज आमिर खान ने उनका बीबीसी को दिया एक इंटरव्यू देखा, जिसमें वो बेहतरीन अंदाज में ह्यूमरस जवाब दे रही थीं। आमिर को उनका ह्यूमर इतना पसंद आया कि उन्होंने तुरंत अपने प्रोड्यूसर को कॉल कर कहा कि उनकी अपकमिंग फिल्म मंगल पांडेः द राइजिंग में अमीषा को कास्ट किया गया। जबकि उस समय फिल्म में पहले ही ऐश्वर्या राय की कास्टिंग हो चुकी थी। ऐश्वर्या को रिप्लेस करने पर अमीषा चर्चा में रही थीं। ये फिल्म एवरेज रही, हालांकि आगे भी उनकी फिल्में जमीर, वादा, हमको तुमसे प्यार है, अनकही, आप की खातिर फ्लॉप होती रहीं और उन पर फ्लॉप एक्ट्रेस का ठप्पा लग गया। विक्रम भट्ट को किया डेट, परिवार को भेजा लीगल नोटिस 2002 में आई फिल्म आप मुझे अच्छे लगने लगे की शूटिंग के दौरान अमीषा पटेल और डायरेक्टर विक्रम भट्ट रिलेशनशिप में आ गए। अमीषा का परिवार इस रिश्ते से नाखुश था। समय के साथ अमीषा के परिवार से उनकी अनबन शुरू हो गई। विवाद तब बढ़ा, जब अमीषा ने 2004 में पिता को लीगल नोटिस भेजकर उनपर कमाई का गलत तरीके से इस्तेमाल करने का आरोप लगाया। नोटिस के अनुसार, अमीषा के पिता ने बिजनेस में नुकसान होने पर बिना इजाजत अमीषा की सारी जमापूंजी अपने बिजनेस में लगा दी। उन्होंने 12 करोड़ की रकम वापस भी मांगी। अमीषा ने घर छोड़ दिया और अकेले रहने लगीं। इसी समय खबरें रहीं कि अमीषा, विक्रम से शादी करने वाली हैं, लेकिन 2008 में अचानक दोनों अलग हो गए। इसी समय अमीषा के परिवार ने उनसे सुलह करनी चाही। विक्रम से ब्रेकअप के ठीक बाद अमीषा का नाम मार्च 2008 में अमेरिकन बिजनेसमैन कनव पुरी से जुड़ा। 2009 से अमीषा और परिवार से रिश्ते सुधरने लगे। कनव पुरी से शादी की खबरों के बीच ही अमीषा ने कनव से भी ब्रेकअप कर लिया और कहा कि वो करियर पर फोकस करना चाहती हैं। एयर इंडिया के कर्मचारी ने एक्ट्रेस के खिलाफ दर्ज करवाई शिकायत अगस्त 2006 में न्यूयॉर्क में होने वाली विक्ट्री परेड में शामिल होने के लिए रवाना हुईं अमीषा विवादों में घिर गईं। उन पर एयर इंडिया की एक कर्मचारी ने बदसलूकी करने के आरोप में शिकायत दर्ज करवाई। भारत लौटने के बाद अमीषा के खिलाफ जांच शुरू हुई और उन्हें पूछताछ के लिए बुलाया गया। शिकायत के अनुसार, उन्होंने अपने साथी को फर्स्ट क्लास की टिकट न दिए जाने पर बदसलूकी की, हालांकि अमीषा ने इस सभी आरोपों को निराधार कहा। साथ ही उन्होंने कहा कि एयरलाइन के कर्मचारी खुद को बचाने के लिए उन्हें फंसा रहे हैं। विवाद तब खत्म हुआ, जब न्यूयॉर्क विक्ट्री परेड के ऑर्गेनाइजर्स ने एक्ट्रेस से माफी मांगते हुए कहा कि गड़बड़ उनकी तरफ से हुई थी। उन्होंने अमीषा के साथ ट्रेवल करने वालों की भी फर्स्ट क्लास में टिकट करवाई थी, लेकिन टेक्निकल दिक्कतों के चलते उनकी टिकट गलत बुक हो गई। ममता कुलकर्णी ने बहस कर कहा- तुम्हारी औकात क्या है 90 के दशक में ममता कुलकर्णी स्टार थीं, जबकि अमीषा पटेल मॉडलिंग किया करती थीं। तब दोनों को एक साथ एक हेयरऑइल का एड मिला था, जिसकी शूटिंग 4-5 दिनों तक मॉरिशियस में हुई थी। शूटिंग के बीच ऑर्गेनाइजर और बजाज सेवाश्रम के मालिक मिस्टर बजाज ने सभी के लिए एक डिनर आयोजित किया। डिनर के समय ममता कुलकर्णी, मिस्टर बजाज, अमीषा और उनकी मां अपनी-अपनी टीम के साथ एक ही टेबल पर बैठे थे। तभी ममता ने बुफे से एक डिश ली, जिसमें कोई नाम नहीं लिखा था। उन्हें चबाने में दिक्कत हुई, तो उन्होंने वेटर को बुलाकर डिश का नाम पूछा। वेटर ने उन्हें बताया कि ये हिरण का मांस है। इस पर ममता चिढ़ गईं और वेटर पर चिल्लाते हुए कहा- हिरण का मांस कौन खाता है, चिकन-मटन खाया जाता है। उन्होंने और उनकी सेक्रेटरी ने वेटर को गालियां देते हुए बदतमीजी की, तभी पास बैठीं अमीषा ने बीच-बचाव करते हुए कहा, यहां सभी लोग एक जैसा खाना खा रहे हैं, तो किसी को नखरे नहीं करना चाहिए। इस पर ममता भड़क गईं और चिल्लाते हुए कहा- तुम यहां हेयर ऑइल के एड के लिए आई हो ना। तुम्हें इसके 1 लाख रुपए मिले हैं और मुझे 15 लाख, तो स्टार कौन है बताओ, तुम्हारी औकात क्या है। इसके बाद अमीषा ने उन्हें जवाब दिया, तो उनकी सेक्रेटरी ने अमीषा से बदसलूकी करते हुए अग्रेसिव होकर उनके पास आने लगीं। तभी अमीषा की मां आशा तुरंत उठीं और सेक्रेटरी का हाथ पकड़कर कहा, मेरी बेटी को छूने की हिम्मत भी मत करना। ये झगड़ा काफी चर्चा में रहा। अमीषा पटेल एक इंटरव्यू में इस पर बात कर चुकी हैं। बीते साल आप की अदालत में पहुंचीं, ममता से जब इस बारे में पूछा गया तो उन्होंने मामले पर बात जरूर की, लेकिन सफाई में कहा कि उन्होंने सीधे तौर पर अमीषा को अपशब्द नहीं कहे, बल्कि उनकी मैनेजर की उनसे बहस हुई थी। अमीषा पटेल के हाथ से निकलीं ब्लॉकबस्टर तेरे नाम और लगान जैसी फिल्में शुरुआत में आमिर खान की फिल्म लगान अमीषा पटेल को ऑफर हुई थी। उस फिल्म में उन्हें गांव की लड़की का किरदार निभाना था। उनकी डेट्स भी फाइनल हो चुकी थीं, हालांकि बाद में डायरेक्टर आशुतोष गोवारिकर को एहसास हुआ कि एक गांव की लड़की के किरदार के लिए अमीषा अच्छा विकल्प नहीं हैं, क्योंकि वो बेहद खूबसूरत और पढ़ी-लिखी लगती हैं। यही वजह रही कि आखिरी समय में उनकी जगह ग्रेसी सिंह को कास्ट कर लिया गया। बता दें कि फिल्म गदरः एक प्रेम कथा और लगान एक ही दिन 14 जून 2001 को रिलीज हुई थीं। सलमान चाहते थे तेरे नाम करें अमीषा पटेल अमीषा पटेल, सलमान की करीबी दोस्त हैं। जिस समय उन्हें तेरे नाम की स्क्रिप्ट मिली, तब उन्होंने अमीषा को फिल्म ऑफर की थी। उन्होंने अमीषा को तेरे नाम के गाने सुनाए, जो पहले बन चुके थे। हालांकि तब फिल्म की शूटिंग डेट्स तय नहीं थीं और न ही ये तय हुआ था कि फिल्म कौन डायरेक्ट करेगा। जब तक सतीष कौशिक, फिल्म डायरेक्ट करने के लिए फाइनल हुए, तब तक अमीषा दूसरी फिल्मों में बिजी हो चुकी थीं। बाद में उनकी जगह भूमिका चावला को कास्ट किया गया। मुन्नाभाई एमबीबीएस में शाहरुख के साथ किया गया था कास्ट डायरेक्टर विधु विनोद चोपड़ा ने शाहरुख खान और अमीषा के साथ फिल्म मुन्नाभाई एमबीबीएस प्लान की थी। हालांकि शाहरुख दूसरी फिल्मों में बिजी होने पर ये फिल्म नहीं कर सके। बाद में उनकी जगह संजय दत्त आए। जब तक कास्टिंग फाइनल होती, अमीषा भी दूसरी फिल्मों में बिजी हो गईं और उन्होंने ये फिल्म छोड़ दी। एम एफ हुसैन को दादाजी ने दिया था मौका एक दौर में मशहूर पेंटर एम एफ हुसैन, सड़कों पर बिलबोर्ड पेंट करने का काम करते थे। वो अमीषा पटेल के दोस्त थे। शुरुआत में जब एमएफ हुसैन पेंटिंग में करियर बनाने की जद्दोजहद कर रहे थे, तब अमीषा के दादाजी ने उन्हें सपोर्ट किया और उनकी पेंटिंग्स अपने साथियों से खरीदवाई थीं। यही वजह रही कि एम एफ हुसैन का अमीषा के परिवार से करीबी रिश्ता रहा। अमीषा के घर में आज भी एम एफ हुसैन की दी हुईं कई लग्जरी पेंटिंग्स हैं।
राम चरण और जाह्नवी कपूर स्टारर फिल्म ‘पेड्डी’ इन दिनों विवादों में घिरी है। फिल्म में जाह्नवी कपूर के किरदार और उनकी प्रस्तुति को लेकर सोशल मीडिया पर बहस चल रही है। कई लोगों का आरोप है कि फिल्म में महिला किरदार को जरूरत से ज्यादा ग्लैमराइज और ऑब्जेक्टिफाई किया गया है। अब इस विवाद पर अभिनेत्री और भाजपा सांसद कंगना रनोट ने प्रतिक्रिया दी है। पीटीआई से बातचीत में कंगना ने कहा कि कई बार फिल्म निर्माता और निर्देशक यह नहीं समझ पाते कि वे महिलाओं को ऑब्जेक्टिफाई कर रहे हैं। हालांकि उन्होंने कहा कि अगर किसी कलाकार को लगता है कि उसके साथ ऐसा हो रहा है, तो उसे अपनी बात खुलकर रखनी चाहिए। कंगना इन दिनों अपनी आगामी फिल्म ‘भारत भाग्य विधाता’ के प्रमोशन में व्यस्त हैं। इसी दौरान पीटीआई से बातचीत में उनसे ‘पेड्डी’ विवाद पर सवाल पूछा गया। इस पर उन्होंने कहा, “कई बार डायरेक्टर को भी एहसास नहीं होता कि वे किसी महिला को ऑब्जेक्टिफाई कर रहे हैं। लेकिन अगर किसी अभिनेता या अभिनेत्री को ऐसा महसूस होता है, तो उसे अपनी बात रखनी चाहिए और विरोध जताना चाहिए।” उन्होंने कहा कि कलाकारों को अपनी सीमाएं तय करने का पूरा अधिकार है। यदि कोई सीन, कॉस्ट्यूम या प्रस्तुति उन्हें असहज लगती है तो वे उस पर अपनी राय रख सकते हैं। कंगना के मुताबिक, फिल्म इंडस्ट्री में संवाद और सहमति बहुत जरूरी है। क्या है ‘पेड्डी’ विवाद? हाल ही में रिलीज हुई फिल्म ‘पेड्डी’ में जाह्नवी कपूर के किरदार अचियम्मा को जिस तरह पेश किया गया है, उस पर सोशल मीडिया पर सवाल उठ रहे हैं। कई यूजर्स का कहना है कि फिल्म के कुछ दृश्यों में कैमरा एंगल्स और प्रस्तुति महिला किरदार को ऑब्जेक्टिफाई करती नजर आती है। इसके अलावा एक रोमांटिक सीन को लेकर बहस छिड़ गई, जिसमें सहमति और रोमांस के चित्रण पर सवाल उठाए गए। विवाद बढ़ने के बाद फिल्म के निर्देशक बुच्ची बाबू सना को सफाई देनी पड़ी। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य किसी महिला का अपमान करना नहीं था। उन्होंने दर्शकों की भावनाओं का सम्मान करते हुए माफी मांगी और विवादित दृश्यों में बदलाव का आश्वासन दिया। कई सितारों ने रखी राय ‘पेड्डी’ विवाद पर सिर्फ कंगना ही नहीं, कई अन्य कलाकार भी प्रतिक्रिया दे चुके हैं। अभिनेत्री नित्या मेनन ने कहा कि महिलाओं का ऑब्जेक्टिफिकेशन सिर्फ किसी एक इंडस्ट्री की समस्या नहीं है, बल्कि यह दुनिया भर के सिनेमा में देखने को मिलता है। उन्होंने कलाकारों से जरूरत पड़ने पर अपनी बात मजबूती से रखने की अपील की। वहीं करीना कपूर खान ने भी इस मुद्दे पर अपनी राय रखी। उन्होंने कहा कि स्क्रीन पर आकर्षक या संवेदनशील दिखने के लिए महिलाओं का ऑब्जेक्टिफिकेशन जरूरी नहीं है। एक कलाकार बिना भड़काऊ प्रस्तुति के भी दर्शकों पर गहरी छाप छोड़ सकता है। फिलहाल ‘पेड्डी’ को लेकर बहस जारी है। सोशल मीडिया पर एक बड़ा वर्ग फिल्म में महिलाओं की प्रस्तुति पर सवाल उठा रहा है, जबकि दूसरी ओर फिल्म की टीम विवाद को शांत करने की कोशिश में जुटी है। ऐसे में पीटीआई को दिया गया कंगना रनोट का बयान इस चर्चा को और तेज कर सकता है कि फिल्मों में महिला किरदारों को किस नजरिए से दिखाया जाना चाहिए और कलाकारों की सहमति को कितना महत्व दिया जाना चाहिए। ____________________________ ये खबर भी पढ़ें जाह्नवी कपूर के सपोर्ट में आईं साउथ एक्ट्रेस:बोलीं- 'पेड्डी' विवाद में एक्ट्रेस को नहीं, मेकर्स को जिम्मेदार ठहराएं; मेकअप आर्टिस्ट ने भी किया बचाव एक्ट्रेस जाह्नवी कपूर की फिल्म ‘पेड्डी’ में उनके किरदार के जरूरत से ज्यादा बोल्ड बताने को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। हालांकि अब जाह्नवी के समर्थन में उनकी मेकअप आर्टिस्ट सवलिन कौर मनचंदा और साउथ एक्ट्रेस डिंपल हयाती आ गई हैं। मेकअप आर्टिस्ट ने दावा किया है कि जाह्नवी ने पोस्ट प्रोडक्शन के दौरान आपत्तिजनक दृश्यों को हटाने की मांग की थी, जिसे डायरेक्टर ने नजरअंदाज कर दिया।पूरी खबर पढ़ें.. जाह्नवी कपूर ने क्या विवादित शॉट्स पर जताई थी आपत्ति:एक्ट्रेस की कथित पर्सनल चैट लीक; दावा- पेड्डी में राम चरण ने डायरेक्टर को डांटा था फिल्म 'पेड्डी' को लेकर चल रहे विवाद के बीच अभिनेत्री जाह्नवी कपूर की एक कथित पर्सनल चैट सोशल मीडिया पर लीक हो गई है। जाह्नवी के फैन क्लब्स की तरफ से शेयर किए गए इन स्क्रीनशॉट्स में दावा किया जा रहा है कि अभिनेत्री ने फिल्म की शूटिंग के दौरान कुछ आपत्तिजनक कैमरा एंगल पर चिंता जताई थी। पूरी खबर पढ़ें
एसएस राजामौली की ‘वाराणसी’ लगातार चर्चाओं में बनी हुई है। अब फिल्म से जुड़ी एक और अपडेट सामने आ रही है कि फिल्म में भगवान राम और कुंभकर्ण के बीच युद्ध का सीन दिखाया जाएगा। इससे पहले जानकारी आई थी कि फिल्म में रामायण से जुड़ा 30 मिनट लंबा सीक्वेंस होगा। फिल्मी फोकस द्वारा आयोजित एक इवेंट में राजामौली के पिता और फिल्म के लेखक विजयेंद्र प्रसाद ने फिल्म के बारे में अपडेट साझा की। जब उनसे फिल्म के 30 मिनट लंबे सीक्वेंस के बारे में पूछा गया कि यह पौराणिक है या राजनीतिक, तो उन्होंने कहा...‘यह राम और कुंभकर्ण के बीच युद्ध है, आपने ट्रेलर में देखा होगा, है ना? आपने राम और कुंभकर्ण को देखा। आपने भगवान हनुमान की पूंछ और उस पर रथ देखा। मैं उसी की बात कर रहा हूं। यह सीन हर किसी को मंत्रमुग्ध कर देने वाला होगा।’ जब उनसे पूछा गया कि क्या फिल्म टाइम ट्रैवल पर आधारित है और यह विचार किसका था? इस पर उन्होंने कहा कि ‘हमें अब इस बारे में और बात नहीं करनी चाहिए।’ ‘वाराणसी’ में महेश, रुद्र के अलावा भगवान राम के किरदार में भी नजर आएंगे।
जावेद जाफरी की पत्नी से ₹16 करोड़ की ठगी:केस में BMC अधिकारी सस्पेंड, क्राइम ब्रांच जांच में जुटी
बॉलीवुड अभिनेता जावेद जाफरी के परिवार से जुड़ा वित्तीय धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। उनकी पत्नी हबीबा जाफरी ने आरोप लगाया है कि उनसे करीब 16.24 करोड़ रुपए की ठगी की गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच मुंबई क्राइम ब्रांच को सौंप दी गई है। वहीं, केस में नाम सामने आने के बाद बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) के एक अधिकारी को निलंबित कर दिया गया है। इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, हबीबा जाफरी ने शिकायत में आरोप लगाया है कि उन्हें रिडेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स और निवेश पर भारी मुनाफे का लालच देकर करोड़ों रुपए निवेश करने के लिए राजी किया गया। उन्हें भरोसा दिलाया गया था कि निवेश की रकम पर आकर्षक रिटर्न मिलेगा और प्रोजेक्ट्स से बड़ा आर्थिक फायदा होगा। हालांकि बाद में न वादा किया गया रिटर्न मिला और न ही मूल रकम वापस की गई। इसके बाद मामला पुलिस तक पहुंचा। शिकायत दर्ज होने के बाद जांच एजेंसियों ने मामले की पड़ताल शुरू की। शुरुआती जांच में कुछ तथ्य सामने आए, जिसके बाद मुंबई क्राइम ब्रांच को जांच की जिम्मेदारी सौंपी गई। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि कथित ठगी का नेटवर्क क्या था, इसमें कितने लोग शामिल थे और निवेशकों से जुटाई गई रकम कहां गई। इस मामले में BMC के अधिकारी महेश पाटिल का नाम भी सामने आया है। आरोपों और जांच को देखते हुए BMC प्रशासन ने उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने तक विभागीय कार्रवाई जारी रहेगी। यदि किसी स्तर पर अनियमितता साबित होती है तो आगे भी सख्त कदम उठाए जाएंगे। सूत्रों के मुताबिक, जांच एजेंसियां वित्तीय लेन-देन, बैंक खातों और निवेश से जुड़े दस्तावेजों की जांच कर रही हैं। यह भी देखा जा रहा है कि क्या इस कथित घोटाले में अन्य निवेशक प्रभावित हुए हैं। यदि ऐसा पाया जाता है तो मामले का दायरा बढ़ सकता है। फिलहाल इस विवाद के बीच जावेद जाफरी की ओर से कोई विस्तृत सार्वजनिक बयान सामने नहीं आया है। रिपोर्ट्स के अनुसार अभिनेता अपने पेशेवर कामकाज में व्यस्त हैं, जबकि कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। मामला इसलिए चर्चा में है क्योंकि इसमें करोड़ों रुपए की कथित ठगी, एक सरकारी अधिकारी की भूमिका और मनोरंजन जगत से जुड़े परिवार का नाम शामिल है। अब सबकी नजर क्राइम ब्रांच की जांच पर है, जिससे साफ हो सकेगा कि कथित निवेश योजना के पीछे कौन लोग थे और 16.24 करोड़ रुपए की रकम का क्या हुआ।
टीवी सीरियल 'भाभीजी घर पर हैं' फेम शिल्पा शिंदे के हालिया खुलासे के बाद विवाद बढ़ गया है। शिल्पा ने स्वीकार किया है कि उन्होंने प्रोड्यूसर संजय कोहली पर 10 साल पहले फर्जी सेक्शुअल हैरेसमेंट का केस दर्ज कराया था। इसके बाद ऑल इंडियन सिने वर्कर्स एसोसिएशन (AICWA) ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। इस बीच, एक्ट्रेस उपासना सिंह शिल्पा के समर्थन में आई हैं। इंडियन एक्सप्रेस से उपासना ने कहा कि शिल्पा से गलती हुई और उन्होंने इसे मान लिया है, इसलिए उन्हें विलेन नहीं बनाना चाहिए। सेट पर मददगार और साफ दिल इंसान हैं शिल्पाउपासना सिंह ने शिल्पा शिंदे के साथ 'मायका' और 'बेटियां अपनी या पराया धन' जैसे शोज में काम किया है। उपासना ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि शिल्पा का एक पहलू ऐसा भी है जिस पर कोई बात नहीं कर रहा है। वे सेट पर स्पॉटबॉय, लाइटमैन और मेकअप मैन जैसे जूनियर स्टाफ के लिए हमेशा खड़ी रहती थीं। अगर कोई उनके पास आकर कहता था कि उसके पास खाने के लिए पैसे नहीं हैं, तो शिल्पा उसकी मदद जरूर करती थीं। वे बहुत ही दयालु स्वभाव की हैं। मजबूरी और गुस्से में उठाया था गलत कदमउपासना ने कहा कि वे शिल्पा की गलती को सही नहीं ठहरा रही हैं, लेकिन लोगों को उस समय के हालात को भी समझना चाहिए। एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री में कई बार दो लोगों के बीच झगड़ा इतना बढ़ जाता है कि लोग गुस्से और फ्रस्ट्रेशन में सीमा पार कर जाते हैं। उस वक्त शिल्पा के पास शायद पैसे नहीं थे, वे शो छोड़ना चाहती थीं और काफी परेशान थीं। जब उन्हें लगा कि उनकी बात नहीं सुनी जा रही है, तब उन्होंने यह कदम उठाया। उपासना ने कहा कि बाद में उसी प्रोड्यूसर ने शिल्पा के साथ दोबारा काम किया, जो दिखाता है कि वे भी समझ गए थे कि यह सब गुस्से में हुआ था। सच स्वीकार करने की हिम्मत की तारीफ होनी चाहिएइंटरव्यू में उपासना ने कहा कि शिल्पा को सिर्फ इसलिए निशाना बनाया जा रहा है क्योंकि उन्होंने खुद पूरी दुनिया के सामने अपनी गलती स्वीकार की है। अगर वे चुप रहतीं, तो कोई कुछ नहीं कहता। उपासना के मुताबिक, गलती स्वीकार करने के लिए बहुत हिम्मत की जरूरत होती है। उन्होंने कहा कि शायद उनमें भी ऐसा सच बोलने का साहस नहीं होता। लोग उनकी गलती पर सवाल उठा सकते हैं, लेकिन उन्हें पूरी तरह से विलेन के रूप में पेश करना गलत है। भारती और हर्ष के शो में किया था खुलासायह पूरा विवाद तब शुरू हुआ जब शिल्पा शिंदे हाल ही में कॉमेडियन भारती सिंह और हर्ष लिम्बाचिया के यूट्यूब चैनल पर शामिल हुईं। वहां उन्होंने स्वीकार किया कि 10 साल पहले उन्होंने 'भाभीजी घर पर हैं' के प्रोड्यूसर संजय कोहली के खिलाफ सेक्शुअल हैरेसमेंट का झूठा केस दर्ज कराया था। शिल्पा ने कहा कि उस समय उनके पास कोई दूसरा रास्ता नहीं था। प्रोड्यूसर्स उन पर एक ऐसा कॉन्ट्रैक्ट साइन करने का दबाव बना रहे थे, जिसके बाद वे किसी दूसरे प्रोडक्शन हाउस के साथ काम नहीं कर पातीं। 2016 में मेकर्स पर लगाए थे संगीन आरोप शिल्पा शिंदे ने 2015 में टीवी शो भाभीजी घर पर हैं में अंगूरी भाभी का किरदार निभाया था। एक साल बाद शिल्पा ने मेकर्स और प्रोड्यूसर के खिलाफ कई संगीन आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज करवाई और शो छोड़ दिया। शिल्पा शिंदे ने हाल ही में पॉडकास्ट के दौरान कहा था, यह बात कोई नहीं जानता। मैं अब सच बोलने से नहीं डरती। मैंने अपने प्रोड्यूसर के खिलाफ सेक्सुअल हैरेसमेंट का केस दर्ज कराया था क्योंकि मेरे पास कोई दूसरा रास्ता नहीं बचा था। कांट्रैक्ट के विवाद को सुलझाने के लिए मैंने ऐसा किया और बाद में सेटलमेंट करके मैं उस स्थिति से बाहर आ गई। शिल्पा ने आगे दावा किया कि वे खुद लॉ बैकग्राउंड से आती हैं और पुलिस का कहना था कि अगर एफआईआर दर्ज करानी है, तो गंभीर आरोप लिखने ही होंगे। ये खबर भी पढ़ें शिल्पा शिंदे पर सीएम फडणवीस से कानूनी कार्रवाई की मांग:प्रोड्यूसर पर सेक्सुअल हैरेसमेंट के झूठे आरोप लगाए; शिल्पा का पोस्ट- 'जो उखाड़ना है उखाड़ लो' टेलीविजन एक्ट्रेस शिल्पा शिंदे के एक हालिया खुलासे पर ऑल इंडिया सिने वर्कर्स एसोसिएशन (AICWA) ने कड़ी आपत्ति जताई है। शिल्पा ने कॉमेडियन भारती सिंह और हर्ष लिंबाचिया के पॉडकास्ट में माना था कि उन्होंने टीवी शो 'भाभीजी घर पर हैं' के प्रोड्यूसर पर सेक्सुअल हैरेसमेंट (यौन उत्पीड़न) के झूठे आरोप लगाए थे। पूरी खबर पढ़ें
बॉलीवुड के चर्चित प्रोजेक्ट्स में शामिल ‘कृष 4’ एक बार फिर सुर्खियों में है। पिछले कुछ महीनों से खबरें थीं कि फिल्म के बजट और निर्माण को लेकर ऋतिक रोशन और यशराज फिल्म्स (YRF) के बीच मतभेद चल रहे हैं। कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि ऋतिक अपनी डायरेक्टोरियल डेब्यू फिल्म ‘कृष 4’ के लिए करीब 500 करोड़ रुपए का बजट चाहते हैं, जबकि आदित्य चोपड़ा इसे 350 करोड़ रुपए के भीतर रखना चाहते हैं। अब इन अटकलों पर फिल्ममेकर राकेश रोशन ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि ऋतिक द्वारा 500 करोड़ रुपए की मांग किए जाने की खबरें पूरी तरह गलत हैं। राकेश रोशन बोले- ऐसी बातें पूरी तरह बकवास मिड-डे को दिए इंटरव्यू में राकेश रोशन ने कहा कि यह कहना गलत है कि ऋतिक ने फिल्म के लिए 500 करोड़ रुपए का बजट मांगा है। उन्होंने इन खबरों को “नॉनसेंस” यानी बकवास बताया। राकेश के मुताबिक, बड़ी और दर्शकों की उम्मीदों पर खरी उतरने वाली फिल्म बनाने में समय लगता है। ‘कृष’ फ्रेंचाइजी की हर फिल्म को तैयार करने में भी पर्याप्त समय लिया गया था। फिल्म बंद नहीं हुई, सही समय का इंतजार राकेश रोशन ने स्पष्ट किया कि फिल्म किसी विवाद या मतभेद की वजह से अटकी नहीं है। उन्होंने कहा कि ‘कृष 4’ पर काम जारी है और फिल्म को लेकर कोई समस्या नहीं है। उनके मुताबिक, फिलहाल ऋतिक अपने दूसरे प्रोफेशनल कमिटमेंट्स और प्रोडक्शन हाउस के काम में व्यस्त हैं। इसलिए तारीखों को लेकर इंतजार करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि उनके, ऋतिक और आदित्य चोपड़ा के बीच किसी तरह का विवाद नहीं है। सोशल मीडिया और कुछ रिपोर्ट्स में कही जा रही बातों में सच्चाई नहीं है। पहले क्या थीं रिपोर्ट्स? इस साल की शुरुआत में कई रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि ‘कृष 4’ का निर्माण बजट को लेकर फंस गया है। कहा गया था कि ऋतिक फिल्म को इंटरनेशनल सुपरहीरो फिल्मों के स्तर पर बनाना चाहते हैं, जिसके लिए लगभग 500 करोड़ रुपए की जरूरत होगी। वहीं YRF लागत नियंत्रित रखना चाहता है। इसी वजह से फिल्म की शूटिंग आगे नहीं बढ़ पा रही है। हालांकि अब राकेश रोशन के बयान के बाद साफ हो गया है कि फिल्म बंद नहीं हुई है और बजट को लेकर कोई बड़ा टकराव भी नहीं है। ऋतिक करेंगे निर्देशन ‘कृष 4’ इसलिए खास है क्योंकि यह ऋतिक रोशन के करियर की पहली निर्देशित फिल्म होगी। पिछले साल राकेश रोशन ने घोषणा की थी कि ‘कृष 4’ के जरिए ऋतिक निर्देशन की दुनिया में कदम रखेंगे। फिल्म में वे अभिनय के साथ निर्देशन की जिम्मेदारी भी संभालेंगे। फिलहाल फैंस को फिल्म की शूटिंग शुरू होने और आधिकारिक रिलीज डेट का इंतजार है। राकेश रोशन के ताजा बयान से साफ हो गया है कि ‘कृष 4’ अभी भी ट्रैक पर है और इससे जुड़ी कई अफवाहों में सच्चाई नहीं है। __________________________ ‘कृष 4’ से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें ऋतिक रोशन की ‘कृष 4’ अटकी:₹500 करोड़ के बजट पर आदित्य चोपड़ा से नहीं बनी सहमति, सुपरहीरो की फिल्म पर फिलहाल लगा ब्रेक बॉलीवुड के सबसे पॉपुलर सुपरहीरो फ्रेंचाइजी कृष की चौथी कड़ी ‘कृष 4’ को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। लंबे समय से फिल्म की तैयारी जोरों पर थी, लेकिन अब इसे फिलहाल रोक दिया गया है और काम पर ब्रेक लगा दिया गया है।पूरी खबर पढ़ें..
करिश्मा कपूर अब ओटीटी पर अपने नए अवतार में नजर आ रही हैं। जी-5 की वेब सीरीज ‘ब्राउन’ में उन्होंने अपने किरदार, कोलकाता में मुश्किलों से भरी शूटिंग आदि पर खुलकर बात की... इस प्रोजेक्ट का हिस्सा कैसे बनीं? शुरुआत में मैंने इस प्रोजेक्ट के लिए साफ मना कर दिया था। कहानी और किरदार पसंद आए थे लेकिन 50-60 दिन कोलकाता में शूटिंग करने को लेकर मैं सहज नहीं थी। उस दौरान जी स्टूडियोज की टीम बार-बार मुझसे मिलती रही। मैं महबूब स्टूडियो में शूट कर रही थी, तब भी वे पहुंचे। आखिरकार मैंने 20 मिनट निकालकर निर्देशक अभिनय देव और टीम से बात की। रीटा ब्राउन के किरदार के बारे में सुनते ही मेरा नजरिया बदल गया और मैंने तुरंत हां कह दिया। रीटा ब्राउन जैसा किरदार निभाने के लिए कैसी तैयारी करनी पड़ी? रीटा मुझसे बिल्कुल अलग है। वह अल्कोहलिक है, चेन स्मोकर है और दवाइयों पर निर्भर रहती है। हमारा मकसद एक ऐसी महिला को दिखाना था जो अंदर से पूरी तरह टूट चुकी है। हमने मेकअप तक का इस्तेमाल नहीं किया। लगातार सिगरेट पीने की वजह से उसके होंठ तक खराब दिखाए गए हैं। यह मेरे करियर की सबसे चुनौतीपूर्ण और सीख देने वाली भूमिका रही। यह वर्दीधारी रोल बाकी पुलिस किरदारों से कितना अलग है? यह कोई टिपिकल फिट और एक्शन से भरपूर पुलिस अधिकारी नहीं है। शुरुआत में रीटा इतनी अनफिट है कि ठीक से दौड़ भी नहीं पाती। हमने दिखाया है कि वह मानसिक और शारीरिक रूप से कितनी टूटी हुई है। जैसे-जैसे कहानी आगे बढ़ती है और मर्डर मिस्ट्री खुलती है, उसका व्यक्तित्व भी बदलता है। उसका खुद को फिर से संभालना और मजबूत बनना ही इस कहानी की आत्मा है। कोलकाता में शूटिंग का अनुभव कैसा रहा? सच कहूं तो हम कोलकाता की सर्दियां, क्रिसमस का माहौल और शहर की खूबसूरती को कैमरे में कैद करना चाहते थे लेकिन कोविड की वजह से पूरा शेड्यूल बदल गया और जब हम वहां पहुंचे, तब भीषण गर्मी पड़ रही थी। तापमान 48 से 50 डिग्री सेल्सियस के बीच था। उस मौसम में रियल लोकेशंस पर शूटिंग करना आसान नहीं था। हमें लंबे-लंबे चेज सीक्वेंस, इन्वेस्टिगेशन वाले सीन और घंटों बाहर रहकर शूट करना पड़ता था। क्या यह कोलकाता को करीब से देखने का आपका पहला अनुभव था? मैं पहले भी कई बार इवेंट्स और प्रमोशन के लिए कोलकाता गई हूं, लेकिन इस प्रोजेक्ट के दौरान जिस तरह हमने शहर को जिया और अलग-अलग लोकेशंस पर शूट किया, वह अनुभव बिल्कुल नया और यादगार था। आपकी प्राथमिकताएं आज के दौर में कितनी बदली हैं? मुझे लगता है कि समय के साथ हर कलाकार की सोच और उसकी प्राथमिकताएं भी बदलती हैं। 90 के दशक में हमारा सिनेमा अलग था, वहां स्टारडम, गाने, बड़े सेट और कमर्शियल अपील का अपना महत्व था। मैंने उस दौर को भी पूरी तरह जिया और दर्शकों से बहुत प्यार पाया लेकिन आज का समय कंटेंट और किरदारों का है, जहां कलाकारों को खुद को नए तरीके से एक्सप्लोर करने का मौका मिलता है। आज मैं खुद को भाग्यशाली मानती हूं कि मुझे ऐसे रोल मिल रहे हैं।
अक्षय कुमार जब डिम्पल कपाड़िया के साथ रोमांस करते-करते रह गए
90 के दशक की सुपरहिट फिल्म ‘खिलाड़ियों का खिलाड़ी’ के पीछे छिपे कई राज आज भी लोगों को चौंकाते हैं। जानिए क्यों डिम्पल कपाड़िया ने फिल्म छोड़ी, रेखा की एंट्री कैसे हुई और शूटिंग के दौरान कौन-सी अफवाहें रवीना टंडन को असहज कर गईं। साथ ही जानें, कैसे ...
Dimple Kapadia Birthday: 8 जून 1957 को जन्मी डिम्पल कपाड़िया के पिता चुन्नीभाई कपाड़िया बेहद अमीर व्यक्ति थे। वे अपने घर 'समुद्र महल' में अक्सर फिल्म सितारों को पार्टियां देते थे। कहा जाता है कि ऐसी ही एक पार्टी में फिल्मकार राज कपूर ने 13 वर्षीय ...
टीवी एक्ट्रेस जेनिफर विंगेट जल्द ही दूसरी शादी कर सकती हैं। वे सिंगापुर के बिजनेसमैन विलियम इशमाइल के साथ रिलेशनशिप में हैं। हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक विलियम ने एक हॉलिडे के दौरान जेनिफर को प्रपोज किया था, जिसके लिए उन्होंने अपनी सहमति दे दी है। हालांकि, जेनिफर या विलियम की तरफ से अभी इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। इंस्टाग्राम एक्टिविटी से शुरू हुई चर्चाजेनिफर की शादी की चर्चा तब शुरू हुई जब फैंस ने इंस्टाग्राम पर उनकी कुछ एक्टिविटी नोटिस की। जेनिफर ने सोशल मीडिया पर शादी के एक डांस रील वीडियो पर रिएक्ट किया था। इसके बाद फैंस ने देखा कि उन्होंने इंस्टाग्राम पर शादी से जुड़े कई पेजों को फॉलो करना शुरू कर दिया है। इस एक्टिविटी के बाद से ही सोशल मीडिया पर उनकी शादी को लेकर कयास लगाए जाने लगे। क्रिश्चियन रीति-रिवाज से हो सकती है शादीजेनिफर और विलियम एक साथ बहुत खुश हैं। विलियम के प्रपोजल के बाद जेनिफर ने शादी की तैयारियां भी शुरू कर दी हैं। वे वेडिंग वेंडर्स को शॉर्टलिस्ट कर रही हैं और उन्होंने एक मूड बोर्ड भी तैयार किया है। दोनों क्रिश्चियन रीति-रिवाज से शादी करने की प्लानिंग कर रहे हैं। शादी के लिए इस साल सितंबर-अक्टूबर या फिर दिसंबर-जनवरी का समय तय किया जा सकता है। करीबी दोस्तों को है शादी की जानकारीरिपोर्ट में दावा किया गया है कि जेनिफर और विलियम अभी शादी के लिए वेन्यू (जगह) की तलाश कर रहे हैं। जेनिफर के करीबी दोस्तों को इस बात की पूरी जानकारी है। उनके टीवी और फिल्म इंडस्ट्री के दोस्त जैसे हरलीन सेठी और जेनेलिया देशमुख भी इस प्लानिंग के बारे में जानते हैं। हाल ही में जेनिफर का नाम उनके को-स्टार करण वाही के साथ भी जोड़ा गया था, लेकिन करण ने इन खबरों को पूरी तरह गलत और फेक बताया था। करण सिंह ग्रोवर से हुई थी पहली शादीजेनिफर विंगेट की पहली शादी एक्टर करण सिंह ग्रोवर से हुई थी। दोनों की मुलाकात टीवी सीरियल 'दिल मिल गए' के सेट पर हुई थी। इसके बाद अप्रैल 2012 में दोनों ने शादी कर ली, लेकिन यह रिश्ता लंबा नहीं चला और साल 2014 में उनका तलाक हो गया। इसके बाद करण सिंह ग्रोवर ने साल 2016 में फिल्म 'अलोन' में साथ काम करने के बाद एक्ट्रेस बिपाशा बसु से शादी कर ली थी। ये खबर भी पढ़ें जेनिफर विंगेट संग शादी पर करण वाही ने तोड़ी चुप्पी:एक्टर ने रूमर्स को खारिज करते हुए बताया फेक न्यूज; दोनों लंबे समय से दोस्त हैं एक्टर करण वाही और जेनिफर विंगेट इन दिनों अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर सुर्खियों में बने हुए हैं। सोशल मीडिया पर दोनों की शादी को लेकर लगातार अफवाहें उड़ रही हैं और इंटरनेट पर इससे जुड़ी कई रिपोर्ट्स भी सामने आ रही हैं। हालांकि, इन खबरों की सच्चाई कुछ और ही है। पूरी खबर पढ़ें
अभिनेता आर माधवन और उनकी पत्नी सरिता ने हाल ही में अपनी शादी की 27वीं सालगिरह मनाई है। इस मौके पर माधवन का एक पुराना इंटरव्यू चर्चा में है, जिसमें उन्होंने अपनी सफल शादीशुदा जिंदगी और वफादारी पर कई खुलासे किए हैं। इ-टाइम्स को दिए इंटरव्यू में माधवन ने बताया कि फिल्म इंडस्ट्री की खूबसूरत अभिनेत्रियों के साथ काम करने के बाद भी वे हमेशा अपनी पत्नी के प्रति वफादार रहे। उन्होंने खुद को एक 'डरपोक मद्रासी मिडिल क्लास' आदमी बताया जो दिनभर काम करने के बाद घर लौटकर पत्नी के साथ समय बिताने को प्राथमिकता देता है। पत्नी सरिता को बताया जिंदगी का सबसे बड़ा सहाराआर माधवन ने इंटरव्यू में बताया कि वे दुनिया में सबसे ज्यादा प्यार अपनी पत्नी सरिता से करते हैं। सरिता उन्हें पूरी तरह से समझती हैं और हमेशा जमीन से जुड़े रहने में मदद करती हैं। माधवन के मुताबिक, सरिता उनके माता-पिता, बेटे वेदांत और उनके पैसों (फाइनेंस) का पूरा ध्यान रखती हैं। वे माधवन को एक बेहतर एक्टर बनने के लिए पूरी आजादी देती हैं। माधवन ने कहा कि वे बहुत किस्मत वाले हैं कि सरिता उनकी जिंदगी में हैं क्योंकि वे बिना कोई क्रेडिट चाहे परिवार के लिए बहुत मेहनत करती हैं। वफादार रहना पारिवारिक संस्कार का हिस्साफिल्म इंडस्ट्री में एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर्स पर बात करते हुए माधवन ने कहा कि वफादार रहना उनके लिए बहुत आसान और स्वाभाविक रहा है। उन्होंने इसे अपने पारिवारिक संस्कारों से जोड़ा। माधवन ने अपने परिवार से जुड़ा एक किस्सा शेयर करते हुए बताया कि उनका पूरा परिवार आखिरी समय तक जमशेदजी टाटा के प्रति इतना वफादार था कि घर में भगवान की मूर्तियों के साथ टाटा की फोटो पर भी माला चढ़ाई जाती थी। इसलिए उनके लिए बेवफा होना अपनी पारिवारिक परंपरा के खिलाफ जाने जैसा है। खुद को बताया डरपोक मद्रासी मिडिल क्लास मैनमाधवन ने खुलकर स्वीकार किया कि वे सुंदर लड़कियों की तरफ आकर्षित होते हैं, लेकिन आखिर में वे अपने घर लौटना ही पसंद करते हैं। उन्होंने कहा, 'मैं एक डरपोक मद्रासी मिडिल क्लास आदमी हूं। सुंदर लड़कियां मुझे अच्छी लगती हैं, लेकिन मैं बाहर रहने का कोई बहाना बनाने के बजाय घर जाकर पत्नी के साथ बैठना बेहतर समझता हूं।' माधवन ने बताया कि उनके रिश्ते में शुरू से ही पारदर्शिता रही है। उनका मोबाइल फोन और बैंक अकाउंट हमेशा उनकी पत्नी के पास ही रहते हैं। डायरेक्टर मणि रत्नम की सलाह ने किया काममाधवन ने मशहूर फिल्म डायरेक्टर मणि रत्नम की एक सलाह का भी जिक्र किया जो उनके वैवाहिक जीवन में बहुत काम आई। मणि रत्नम ने उनसे कहा था कि जब रिश्ता अच्छा चल रहा हो, तो उसे बार-बार यह देखने के लिए टेस्ट नहीं करना चाहिए कि पार्टनर आपसे कितना प्यार करता है। कई बार बेवजह परखने से ही रिश्ते खराब हो जाते हैं। माधवन ने इस सलाह को माना। जब वे तमिल सिनेमा के स्टार बने और उनकी फीमेल फैन फॉलोइंग बढ़ी, तो उन्होंने सबसे पहले अपने शादीशुदा होने की घोषणा की थी। वे अपने फैंस के खत भी सरिता के साथ मिलकर ही खोलते थे।
नेशनल फिल्म अवार्ड विजेता मलयालम अभिनेता सलीम कुमार का अंतिम संस्कार रविवार को केरल के एर्नाकुलम जिले में स्थित उनके आवास पर पूरे राजकीय सम्मान के साथ किया गया। सलीम कुमार का निधन शनिवार को हुआ था। अंतिम संस्कार के दौरान वहां भारी भीड़ और पेपराजी की मौजूदगी से उनके बड़े बेटे चंदू असहज हो गए। सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो के मुताबिक, चंदू ने वहां मौजूद फोटोग्राफर्स और कैमरामैन पर नाराजगी जताई। उन्होंने मीडिया से पीछे हटने और परिवार को शांति से अंतिम विदाई देने की अपील की। अंतिम संस्कार के समय कैमरामैन पर भड़के बेटे सलीम कुमार के निधन के बाद उनके अंतिम दर्शन के लिए उनके रिश्तेदारों, करीबी दोस्तों और प्रशंसकों की भारी भीड़ उत्तरी परवूर स्थित उनके घर पर जमा हुई थी। इस दौरान वहां बड़ी संख्या में मीडिया कर्मी भी मौजूद थे। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में दिख रहा है कि भीड़ और कैमरों से घिरे होने के कारण अभिनेता के बड़े बेटे चंदू काफी परेशान हो गए। उन्होंने वहां मौजूद फोटोग्राफर्स से दूरी बनाने को कहा। चंदू ने तेज आवाज में मीडिया से अपील की कि वे पीछे हट जाएं ताकि परिवार के लोग शांति से अंतिम संस्कार की रस्में पूरी कर सकें। पीएम मोदी ने जताया दुख पीएम मोदी ने अभिनेता सलीम कुमार को एक ऐसे बेहतरीन कलाकार के रूप में याद किया जो हर तरह के रोल में आसानी से ढल जाते थे। एक्स (ट्विटर) पर अपनी बात साझा करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा: दिग्गज एक्टर श्री सलीम कुमार जी के निधन से मुझे गहरा दुख हुआ है। अपने शानदार करियर के दौरान, उन्होंने अलग-अलग तरह की भूमिकाएं निभाकर और अपनी यादगार एक्टिंग से लोगों के दिलों पर एक खास छाप छोड़ी। दुख की इस घड़ी में मेरी संवेदनाएं उनके परिवार और उनके अनगिनत चाहने वालों के साथ हैं। ओम शांति। शनिवार की हुआ था निधन सलीम कुमार का 56 साल की उम्र में कार्डियक अरेस्ट के कारण शनिवार रात निधन हो गया था। वह अस्वस्थ होने के बाद कोच्चि (केरलम) के अमृता अस्पताल में भर्ती कराए गए थे, जहां उन्होंने अंतिम सांस ली। उन्होंने ‘आदामिन्टे मकन अबू’, ‘पुलिवाल कल्याणम’, ‘अचनुरंगथा वीडु’, ‘मीसा माधवन’ और ‘मायावी’ जैसी कई मलयालम फिल्मों में काम किया था। रविवार को पारावुर टाउन हॉल में उनके पार्थिव शरीर को अंतिम दर्शन के लिए रखा गया। केरलम के मुख्यमंत्री वीडी सतीशन ने सलीम कुमार के निधन पर दुख जताया। वहीं केरलम सरकार ने अंतिम संस्कार और उससे जुड़े सभी खर्च वहन करने का फैसला किया। 300 से ज्यादा फिल्मों में काम किया सलीम कुमार मलयालम सिनेमा के फेमस एक्टर थे। उन्होंने तीन दशक से अधिक लंबे करियर में 300 से ज्यादा फिल्मों में काम किया। उन्होंने मुख्य रूप से मलयालम फिल्मों में एक्ट किया। साथ ही कुछ तमिल (मरयां) और ओडिया (ऊंगा) फिल्मों में भी नजर आए। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत कॉमिक रोल से की और अपनी कॉमिक टाइमिंग, एक्सप्रेशन और डायलॉग डिलीवरी के लिए जाने गए। बाद में उन्होंने खुद को कैरेक्टर एक्टर के तौर पर स्थापित किया। केरलम राज्य फिल्म पुरस्कार से भी सम्मानित हुए सलीम कुमार 2010 में ‘आदामिन्टे मकन अबू’ में अबू की भूमिका के लिए राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार और केरलम राज्य फिल्म पुरस्कार में सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का सम्मान मिला। इसके अलावा ‘अचनुरंगथा वीडु’ (2005) के लिए द्वितीय सर्वश्रेष्ठ अभिनेता, ‘अयालुम न्जानुम थम्मिल’ (2013) के लिए सर्वश्रेष्ठ हास्य अभिनेता और ‘करुथा जूथन’ (2017) के लिए सर्वश्रेष्ठ कहानी का केरलम राज्य फिल्म पुरस्कार भी मिला। सलीम कुमार के परिवार में उनकी पत्नी सुनीता, दो बेटे चंदू सलीम कुमार और आरोमल सलीम कुमार हैं। चंदू सलीम कुमार भी एक्टर हैं। चंदू सुपरहिट फिल्म मंजुम्मेल बॉयज (2024) में दिखाई दिए थे। डबिंग आर्टिस्ट के रूप में भी काम किया था सलीम कुमार ने डबिंग आर्टिस्ट के रूप में भी काम किया था। उन्होंने फिल्म ‘ओम शांति ओशाना’ में बतौर नैरेटर अपनी आवाज दी थी। वहीं, ‘यूटोपियायिले राजावु’ में उन्होंने एक कौवे के किरदार को आवाज दी। फिल्म ‘अलमारा’ में उन्होंने लकड़ी की अलमारी के किरदार के लिए डबिंग की थी। इसके अलावा ‘केशु ई वीडिंटे नाधन’ में उन्होंने नैरेटर की भूमिका निभाई। वहीं, ‘मुकुंदन उन्नी एसोसिएट्स’ में उन्होंने मुख्य किरदार मुकुंदन के दादा की आवाज दी थी। यह खबर भी पढ़ें… फिल्म प्रोड्यूसर पहलाज निहलानी का निधन:सेंसर बोर्ड के अध्यक्ष रहे, गोविंदा को ब्रेक दिया था; शोला और शबनम, आंखें जैसी फिल्में बनाईं फिल्म प्रोड्यूसर और CBFC (सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन) के अध्यक्ष रहे पहलाज निहलानी का 76 साल की उम्र में 4 जून को निधन हो गया है। वह कई दिनों से बीमार थे। पूरी खबर यहां पढ़ें…
8 जून 1957 बॉम्बे के नामी इंडस्ट्रियलिस्ट चुन्नीभाई कपाड़िया के घर बेटी का जन्म हुआ। चुन्नीभाई एक रईस इस्माइल खोजा परिवार से ताल्लुक रखते थे। निजामी इस्लाइली के 41वें निजाम आगा खान 3 (फाउंडिंग फादर ऑफ पाकिस्तान) ने डिंपल के जन्म के ठीक बाद उन्हें अमीना नाम दिया। हालांकि, परिवार ने उन्हें डिंपल नाम से पहचान दी। पिता रईस घराने से थे, जिनका उठना-बैठना फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े लोगों के साथ था। डिंपल महज 14 साल की थीं, जब स्कूल में बैठे हुए एक रोज उनकी नजर अखबार में पड़ी। इश्तिहार में लिखा था- राज कपूर नई फिल्म बॉबी के लिए एक नए चेहरे की तलाश में हैं। डिंपल में पढ़ते ही साथ बैठीं दोस्तों से तुरंत कहा- ‘देखना, ये फिल्म मैं ही करूंगी।’ हैरत की बात थी क्योंकि इससे पहले भी डिंपल 13 साल की उम्र में ऋषिकेश मुखर्जी की मशहूर फिल्म ‘गुड्डी’ ठुकरा चुकी थीं, जिसमें बाद में जया भादुड़ी को लिया गया था। उनके पिता की दोस्त अंजना रवैल एक मशहूर स्क्रीनराइटर थीं, उनके रिश्तेदार डायरेक्टर एच.एस.रवैल की फिल्म संघर्ष (1968) में 11 साल की उम्र में डिंपल ने वैजयंतीमाला के बचपन का रोल निभाया था, हालांकि बाद में उनके सीन काट दिए गए थे। इश्तिहार पढ़ने के बाद स्कूल से घर लौटते ही उन्होंने पिता से कहकर सारी जानकारी इकट्ठा करवाई और अपनी दोस्त मुन्नी धवन के जरिए तस्वीरें राज कपूर के दफ्तर भिजवाईं। शक्ल देखकर राज कपूर ने उन्हें तुरंत रिजेक्ट कर दिया। वो फिल्म से बेटे ऋषि कपूर को लॉन्च कर रहे थे और डिंपल, उस समय ऋषि से बड़ी दिखती थीं। तब नीतू सिंह की मां चाहती थीं कि राज कपूर इस फिल्म से उनकी बेटी को लॉन्च करेंगे। लेकिन राज कपूर को नया चेहरा चाहिए था और नीतू बचपन में कई फिल्में कर चुकी थीं, तो बात नहीं बन सकी। डिंपल को रिजेक्ट किए जाने के कुछ दिनों बाद पिता की सिफारिश पर उन्हें फिर राज कपूर की एक फिल्म के सेट पर स्क्रीन टेस्ट के लिए बुलाया गया और इस बार वो चुनी गईं। ये फिल्म करना डिंपल का सपना था, लेकिन किसे पता था कि फिल्म बनते और रिलीज होते तक, उनकी जिंदगी पूरी तरह बदल चुकी थी। एक नई लड़की ने भारत के पहले सुपरस्टार राजेश खन्ना को प्रपोज कर उनसे शादी कर ली थी। बॉबी रिलीज से पहले ही वो गर्भवती हो चुकी थीं। फिल्म बॉबी ब्लॉकबस्टर रही और डिंपल रातोंरात स्टार बन गईं, लेकिन शादी के लिए उन्हें इंडस्ट्री छोड़नी पड़ी। आज डिंपल कपाड़िया 69 साल की हो चुकी हैं। उनके जन्मदिन के खास मौके पर, जानिए उनकी जिंदगी से जुड़े मजेदार किस्से, जो उनकी शख्सियत का सार हैं- किस्सा-1 ऋषि कपूर की गर्लफ्रेंड की अंगूठी रखी, जिससे हुआ विवाद 14 साल की उम्र में डिंपल कपाड़िया को फिल्म बॉबी मिली। राज कपूर ने वो फिल्म लगातार फिल्में फ्लॉप होने से चढ़े कर्ज को उतारने के लिए बनाई थी। उन्होंने डिंपल को एक्टिंग की ट्रेनिंग दी और पूरी ग्रूमिंग करवाई। सेट पर ऋषि कपूर के साथ समय बिताते हुए दोस्ती गहरी होने लगी। ऋषि कपूर उन दिनों पारसी यास्मीन मेहता को डेट कर रहे थे। वो उनकी जिंदगी का पहला प्यार थीं। यास्मीन ने ऋषि कपूर को एक अंगूठी दी, जो वो हमेशा पहने रखते। एक दिन डिंपल को वो अंगूठी इतनी पसंद आई कि वो अक्सर पहनने के लिए उसे लेने लगीं। समय के साथ अंगूठी डिंपल के पास ही रहने लगी। शूटिंग के दौरान डिंपल और ऋषि की नजदीकियों की खबरें अखबारों और मैगजीन में छपने लगीं। बात यास्मीन तक पहुंची, तो उन्होंने ऋषि से रिश्ता तोड़ दिया। ऋषि कपूर कैसे भी यास्मीन से रिश्ता बरकरार रखना चाहते थे, तो मनाने के लिए कभी उनके घर जाते, तो कभी को-स्टार्स से उन्हें कॉल करवाते। देखिए फिल्म बॉबी से डिंपल की तस्वीरें- किस्सा- 2 बॉबी के सेट पर लग्जरी कारों से आती थीं डिंपल, ऋषि की टूटी-फूटी फिएट देख चिढ़ाते थे अमिताभ बच्चन डिंपल कपाड़िया के पिता रईस बिजनेसमैन थे। उनके पास कई लग्जरी कारें थीं। बॉबी के सेट पर भी डिंपल लग्जरी इंपोर्टेड गाड़ियों से आती थीं। जबकि ऋषि कपूर के घर की आर्थिक स्थिति तब ठीक नहीं थी और वो एक टूटी-फूटी फिएट कार से आते थे। उसी समय फिल्मों में नए-नए आए अमिताभ बच्चन की फिल्म बॉम्बे टू गोवा की शूटिंग चलती थी। वो भी फिएट से आते-जाते थे। सेट से गुजरते हुए अमिताभ, अक्सर ऋषि कपूर को चिढ़ाकर कहते थे- आपकी हीरोइन तो बड़ी-बड़ी कारों से आती है। जब इसी बात पर डिंपल को चिढ़ाया जाता था, तो वो बड़े स्टाइल और कॉन्फिडेंस में कहती थीं, मैं राज कपूर की हीरोइन हूं, मैं एक स्टार हूं। फिल्म चली तो ठीक और नहीं चली तो भी मैं स्टार ही रहूंगी। द मूवी मोथ को दिए इंटरव्यू में ऋषि कपूर ने ये किस्सा सुनाते हुए कहा था, ‘वाकई वो उस समय स्टार थीं।’ किस्सा- 3 राजेश खन्ना को करती थीं ब्लैंक कॉल, फिर फ्लाइट में किया प्रपोज बॉबी की शूटिंग के बीच डिंपल कपाड़िया को अहमदाबाद के नवरंगपुरा स्पोर्ट्स क्लब में आयोजित एक इवेंट में पहुंची थीं। इस इवेंट के चीफ गेस्ट राजेश खन्ना था। आसपास से गुजरते हुए राजेश खन्ना की नजर डिंपल पर पड़ी, तो वो बार-बार उनकी ओर देखने लगे। डिंपल बचपन से राजेश खन्ना की फैन थीं। वो कई बार उनके नंबर पर कॉल किया करती थीं और हर बार उन्हें राजेश खन्ना के मैनेजर की डांट पड़ती थी। उस इवेंट में डिंपल भी राजेश खन्ना को छुप-छुपकर देख रही थीं। तभी राजेश खन्ना ने पास खड़े एक शख्स से डिंपल की पूरी डीटेल्स ले लीं। लौटते हुए राजेश खन्ना, ठीक डिंपल की साथ वाली सीट पर बैठे। डिंपल कपाड़िया कुछ न कुछ करके उनका ध्यान खींच रही थी। फिर एक दम से बोल उठीं- ‘हम जहां जा रहे हैं वहां भीड़ होगी, आप मेरा हाथ पकड़ोगे?’ राजेश खन्ना ने झट से कहा- ‘हां, बिल्कुल।’ डिंपल ने फिर कहा- ‘हमेशा के लिए।’ राजेश खन्ना ने उस वक्त तो कोई जवाब नहीं दिया, लेकिन मुंबई पहुंचते ही उनके घर पहुंचे और शादी का प्रस्ताव रख दिया। डिंपल महज 16 साल की थीं और राजेश खन्ना उनसे 15 साल बड़े 31 साल के सुपरस्टार थे। परिवार ने बिना देर किए हामी भर दी, लेकिन तब राजेश खन्ना ने शर्त रखी कि शादी महज 1 हफ्ते में ही करनी होगी। परिवार इसके लिए भी राजी हो गया। किस्सा-4 ऋषि कपूर की गर्लफ्रेंड की अंगूठी पहनी थी, राजेश खन्ना ने डायमंड रिंग दी तो फेंकनी पड़ी शादी से पहले राजेश खन्ना एक रोज डिंपल को समुद्र किनारे सैर पर ले गए। उन्होंने वहां डिंपल को एक डायमंड रिंग पहनाई, लेकिन तब उन्होंने ऋषि कपूर से ली हुई उनकी गर्लफ्रेंड यास्मीन की अंगूठी पहनी हुई थी। ऐसे में राजेश खन्ना ने वो अंगूठी उतरवाकर समुद्र में फेंक दी और अपनी अंगूठी पहनाई। तब मैगजीन में खबर रही कि राजेश ने अपनी अंगूठी पहनाने के लिए ऋषि कपूर की उतरवा दी। ये खबर जब ऋषि कपूर की गर्लफ्रेंड ने पढ़ी, तो उन्हें गलतफहमी हुई कि ऋषि ने ही वो अंगूठी डिंपल को दी होगी। इस गलतफहमी से उनका और ऋषि का रिश्ता हमेशा के लिए टूट गया। 27 मार्च 1973 को राजेश खन्ना के बंगले में उनकी और डिंपल की शादी आर्य समाज रीति-रिवाजों से हुई। शादी के लिए डिंपल ने बॉबी फिल्म से ब्रेक लिया। शादी के बाद फिल्म इंडस्ट्री के लिए ग्रांड रिसेप्शन रखा गया। देखिए डिंपल कपाड़िया और राजेश खन्ना की शादी और रिसेप्शन की तस्वीरें- किस्सा-5 शादी के बाद मेहंदी लगाकर शूट किया बॉबी का गाना शादी के बाद जब डिंपल फिल्म बॉबी के सेट पर लौटीं तो उनके हाथों में मेहंदी रची हुई थी। शुरुआत में फिल्म के गाने मुझे कुछ कहना है के गाने की शूटिंग टाली गई, लेकिन प्रोडक्शन डिले से बचने के लिए डिंपल कपाड़िया के हाथों में रची मेहंदी के साथ ही शूटिंग करनी पड़ी। गाने में उनके हाथ में मेहंदी साफ नजर आई। डिंपल की शादी के 6 महीने बाद बॉबी रिलीज हुई। ये फिल्म बड़ी हिट साबित हुई जिसने डिंपल को बेस्ट एक्ट्रेस का फिल्मफेयर अवॉर्ड दिलाया। फिल्म में डिंपल के पहने गए कपड़े देशभर में ट्रेंड बन गए थे। डिंपल की एक्टिंग को खूब तारीफें मिलीं। उन्हें लोगों ने एक उभरता हुआ चेहरा बताया। कई बड़े फिल्ममेकर उन्हें अपनी फिल्म में लेना चाहते थे, लेकिन राजेश खन्ना नहीं चाहते थे कि शादी के बाद वो फिल्मों में काम करें। डिंपल ने पति के कहने पर फिल्मी दुनिया छोड़ दी और अगले 17 की उम्र में पहली बेटी डिंपल को जन्म दिया। किस्सा- 6 राजेश खन्ना की फिल्मों के सेट पर अकेेले बैठकर पीती थीं शराब, हेमा से कहा- धर्मेंद्र तुमसे शादी नहीं करेगा राजेश खन्ना से शादी के बाद डिंपल पूरी तरह उन पर निर्भर हो गई थीं। वो अक्सर उनकी फिल्मों के सेट पर जातीं और घंटों अकेले बैठी रहतीं, जबकि राजेश शूटिंग में व्यस्त होते। हेमा मालिनी सेट पर हुईं मुलाकातों से उन्हें छोटी बहन मानने लगी थीं। अपनी ऑटो बायोग्राफी हेमा मालिनी- बियॉन्ड ड्रीम गर्ल में हेमा मालिनी ने लिखा कि डिंपल अकेलेपन में जिंदगी गुजार रही थीं। वो सेट पर एक किनारे बैठीं शराब और सिगरेट पीती रहती थीं। न कोई उनसे ज्यादा बात करता और न ही कोई मनोजरंन का जरिया था। वो तनाव से गुजर रही थीं। उस समय हेमा मालिनी और धर्मेंद्र की शादी की चर्चा थी। एक रोज डिंपल ने उनसे कहा था, ‘ये आदमी (धर्मेंद्र) कभी आपसे शादी नहीं करेगा। बेहतर होगा, तुम खुद कुछ करो।’ किस्सा- 7 10 साल बाद कमबैक किया, कैमरा देखते ही कांपने लगीं शादी के कुछ सालों बाद डिंपल और राजेश के रिश्ते में अनबन होने लगी। जब राजेश खन्ना और टीना के अफेयर की खबरें उड़ीं तो झगड़े और बढ़ गए। शादी के 9 साल बाद 1982 में डिंपल, दोनों बेटियों ट्विंकल और सिंपल को लेकर पेरेंट्स के पास रहने आ गईं। बेटियों की परवरिश के लिए ट्विंकल ने फिल्मों में वापसी करने का फैसला किया। जब रमेश सिप्पी को इसकी खबर मिली, तो उन्होंने डिंपल को स्क्रीनटेस्ट के लिए बुलाया। उनका कॉन्फिडेंस इतना कम हो चुका था कि वो कैमरे के सामने आते ही कंपकंपाने लगीं और डायलॉग नहीं बोल पाईं। टेस्ट फेल रहा, लेकिन इसके बावजूद रमेश सिप्पी ने उन्हें फिल्म सागर में कास्ट कर लिया। फिल्म के हीरो, उनकी पहली फिल्म बॉबी के हीरो ऋषि कपूर और कमल हासन रहे। फिल्म बनने में देर होती रही और इससे पहले ही डिंपल की दूसरी फिल्म जख्मी शेर (1984) रिलीज हो गई। इसके अगले साल फिल्म सागर रिलीज हुई, जो ब्लॉकबस्टर रही। किस्सा-8 डिंपल के लिए सनी ने की थी सौतेली मां हेमा मालिनी से पहली बार बात मंजिल-मंजिल और एतबार जैसी फिल्मों में साथ काम करते हुए डिंपल कपाड़िया और सनी देओल की नजदीकियां बढ़ गईं। दोनों करीब 11 सालों तक रिलेशन में रहे, लेकिन जब इस रिश्ते से सनी की शादीशुदा जिंदगी में दिक्कतें बढ़ीं तो दोनों अलग हो गए। उस समय डिंपल की बेटियां सनी को छोटे पापा कहती थीं। हेमा मालिनी की ऑटो बायोग्राफी के अनुसार, सनी देओल ने उनसे पहली बार डिंपल की वजह से ही बात की थी। 1991 में हेमा मालिनी के प्रोडक्शन की फिल्म दिल आशना है की शूटिंग चल रही थी, जिसमें डिंपल कपाड़िया ने दिव्या भारती की मां का रोल किया था। उस समय डिंपल को मिथुन चक्रवर्ती के साथ हेलीकॉप्टर का एक सीन शूट करना था, लेकिन एक हेलीकॉप्टर दुर्घटना में पायलट की मौत होने से वो डरी हुई थीं। शूटिंग के दिन, डर से डिंपल ने बॉयफ्रेंड सनी देओल को कॉल कर पूरी बात बताई और कुछ ही देर में सनी सेट पर पहुंच गए। उन्होंने उस दिन पहली बार सौतेली मां हेमा मालिनी से बात की, वजह थीं डिंपल और उनका डर। सनी से बात करने के बाद हेमा ने उन्हें तसल्ली दी कि वो डिंपल से हेलीकॉप्टर का सीन शूट नहीं करवाएंगी। किस्सा- 9 सनी देओल की गर्लफ्रेंड थीं, फिल्म में न चाहते हुए भी करना पड़ा धर्मेंद्र को किस 1992 की फिल्म दुश्मन देवता में डिंपल कपाड़िया को सनी देओल के पिता धर्मेंद्र के साथ कास्ट किया गया था। दोनों का फिल्म में किसिंग सीन भी था, जबकि डिंपल धर्मेंद्र से 21 साल छोटी थीं। इस सीन के चर्चा में रहने का कारण ये भी था कि उसी समय डिंपल कपाड़िया सनी देओल को डेट कर रही थीं, हालांकि इस बात से धर्मेंद्र अनजान थे। कुछ रिपोर्ट्स के मुताबिक जब डिंपल को ये स्क्रिप्ट दी गई थी, तो उसमें किसिंग सीन नहीं था। जब बाद में इसे जोड़ा गया तो डिंपल काफी नाराज हुईं। उन्होंने डायरेक्टर के दबाव में सीन शूट तो किया, लेकिन बाद में इसकी डबिंग करने से इनकार कर दिया। हालांकि बाद में उन्हें मानना ही पड़ा। पत्नी के विरोध के चलते सनी देओल ने डिंपल से दूरियां बना लीं। हालांकि सालों बाद 2017 में उन्हें लंदन में साथ हाथ थामे हुए स्पॉट किया गया था। किस्सा- 10 अक्षय कुमार को समझती थीं गे, बेटी की शादी से पहले टेस्ट करवाया अक्षय कुमार ने साल 2000 में डिंपल कपाड़िया की बेटी ट्विंकल से शादी की थी। जिस समय अक्षय, ट्विंकल को डेट कर रहे थे, तब डिंपल की एक दोस्त ने उन्हें कहा कि अक्षय कुमार गे हैं। समय के साथ डिंपल, बेटी के लिए चिंतित रहने लगीं और पड़ताल शुरू कर दी। एक दिन उन्होंने अक्षय के सामने शर्त रखी कि अगर उन्हें ट्विंकल से शादी करनी है, तो पहले उन्हें जेनेटिक टेस्ट करवाना होगा। उनके कहने पर अक्षय ने टेस्ट भी करवाया था। ये किस्सा खुद अक्षय और ट्विंकल ने चैट शो कॉफी विद करण में शेयर किया था। किस्सा- 11 डिपंल पर भड़के राजेश खन्ना, कहा- तुम मुझे सिखाओगी राजेश खन्ना का घर छोड़ने के बाद भी डिंपल ने बेटियों के लिए उनसे रिश्ता रखा। दोनों कई पब्लिक इवेंट में साथ नजर आते थे। 1990 में राजेश खन्ना की फिल्म जय शिव शंकर रिलीज हुई थी। इस फिल्म में डिंपल कपाड़िया, राजेश खन्ना के साथ नजर आईं। शूटिंग के समय एक बार राजेश की तबीयत बिगड़ गई, लेकिन उनके होटल के बाहर चाहने वाले उनकी एक नजर पाने के लिए भीड़ लगाए बैठे थे। डिंपल ने रेडिफ डॉट कॉम से बातचीत में ये किस्सा शेयर करते हुए बताया था कि जब राजेश ने सबके सामने जाने का फैसला किया तो डिंपल ने उन्हें सनग्लासेस और शॉल दी। डिंपल ने उनसे कहा- ‘काकाजी, जब आप लोगों को देखो तो सामने मत देखना, आपकी साइड प्रोफाइल अच्छी लगती है।’ राजेश खन्ना ने गुस्से में डिंपल को देखा और जवाब दिया- ‘अब तुम मुझे सिखाओगी?’ राजेश का ये जवाब सुनकर वो डर गईं और सबके सामने हाथ जोड़कर माफी मांगने लगीं। साल 2012 में जब राजेश बीमार हुए तो डिंपल ने उनकी खूब सेवा की। जब राजेश का निधन हुआ तो डिंपल पूरे समय मौजूद रहीं।
फिल्म डायरेक्टर इम्तियाज अली ने अपने कॉलेज के दिनों का एक चौंकाने वाला किस्सा साझा किया है। समदिश भाटिया को दिए इंटरव्यू में उन्होंने बताया कि दिल्ली में पढ़ाई के दौरान हॉस्टल की दीवार से एक पॉलिटिकल पोस्टर हटाने को लेकर उनका स्थानीय गैंग से विवाद हो गया था। इसके बाद गैंग के लोग आधी रात को हॉस्टल से उनका अपहरण कर ले गए थे। हालांकि, बाद में एक अप्रत्याशित घटनाक्रम के बाद वे सुरक्षित बचकर निकलने में कामयाब रहे। इम्तियाज अली इन दिनों अपनी अगली फिल्म 'मैं वापस आऊंगा' की रिलीज की तैयारी कर रहे हैं। दीवार से पोस्टर हटाने पर हुआ था विवादइम्तियाज अली ने दिल्ली यूनिवर्सिटी के हिंदू कॉलेज से साल 1993 में ग्रेजुएशन पूरा किया था। उन्होंने बताया कि उस समय यूनिवर्सिटी के कॉलेजों में एनएसयूआई (NSUI) और एबीवीपी (ABVP) के बीच छात्र राजनीति का कड़ा मुकाबला रहता था। इसी दौरान कुछ लोगों ने उनके हॉस्टल की मुख्य सामने वाली दीवार पर एक राजनीतिक पोस्टर लगा दिया था। इम्तियाज ने उन लोगों से पोस्टर को सामने की बजाय साइड की दीवार पर लगाने को कहा, लेकिन वे नहीं माने। इसके बाद इम्तियाज ने उनके सामने ही पोस्टर को वहां से हटाकर साइड की दीवार पर लगा दिया, जिससे वे लोग नाराज होकर चले गए। आधी रात को साइकिल रिक्शा से लेने आई थी गैंगइम्तियाज ने बताया कि इस घटना के कुछ दिनों बाद रात के करीब 2 बजे उनके एक हॉस्टल साथी ने आकर उन्हें जगाया और वहां से भागने के लिए कहा। उसने बताया कि वे लोग वापस आ रहे हैं। कुछ ही देर में गैंग के लोग हॉस्टल पहुंचे और इम्तियाज से अपने साथ चलने को कहा। जब इम्तियाज ने उनसे पूछा कि कहां जाना है, तो उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया। वे लोग इम्तियाज को जबरन एक साइकिल रिक्शा में बैठाकर एक सरकारी क्वार्टर जैसी जगह पर ले गए। वहां एक राजनीतिक संगठन से जुड़ा उनका गैंग लीडर मौजूद था, जिसने इम्तियाज से पूछताछ शुरू की। गैंग लीडर ने अपने ही आदमी को मारे थप्पड़गैंग लीडर ने इम्तियाज से पूछा कि उन्होंने पोस्टर क्यों फाड़ा। इम्तियाज ने उसे सच बताते हुए कहा कि उन्होंने पोस्टर फाड़ा नहीं था, बल्कि हॉस्टल की बिल्डिंग सामने से खराब न दिखे, इसलिए उसे केवल हटाकर दूसरी जगह लगाया था। इसके बाद गैंग लीडर ने अपने उस आदमी से पूछा जो इम्तियाज को पकड़कर लाया था कि क्या सच में पोस्टर फाड़ा गया था। उस आदमी ने जवाब दिया कि हटाना या फाड़ना एक ही बात है। यह सुनते ही गैंग लीडर नाराज हो गया और झूठ बोलने के लिए उसने अपने ही आदमी को दो थप्पड़ मार दिए। इस आपसी बहस के बीच इम्तियाज वहां से सुरक्षित बचकर निकल आए। 12 जून को रिलीज होगी नई फिल्मकॉलेज के दिनों के इस किस्से के अलावा इम्तियाज अली इन दिनों अपनी आगामी फिल्म 'मैं वापस आऊंगा' को लेकर चर्चा में हैं। यह फिल्म 12 जून को सिनेमाघरों में रिलीज होने के लिए तैयार है। इस फिल्म में दिलजीत दोसांझ, वेदांग रैना, शरवरी और नसीरुद्दीन शाह मुख्य भूमिकाओं में दिखाई देंगे। फिल्म की कहानी भारत के विभाजन (पार्टीशन) के बैकग्राउंड पर आधारित एक गंभीर प्रेम कहानी है। इसमें बीते दौर और वर्तमान समय को आपस में जोड़कर प्यार, जुदाई और पीढ़ियों के संबंधों को पर्दे पर उतारा गया है।
द इंडिया स्टोरी:काजल अग्रवाल और श्रेयस की फिल्म का टीजर रिलीज, 24 जुलाई को होगी रिलीज
काजल अग्रवाल और श्रेयस तलपड़े की फिल्म ‘द इंडिया स्टोरी’ का टीजर रिलीज हो गया है। इस फिल्म की कहानी थोड़ी अलग होने वाली है। इसमें खाने पीने की चीजों में मिलावट और खेती में केमिकल के गलत इस्तेमाल पर प्रकाश डाला गया है। टीजर में फिल्म की झलक भी दिखी है। एक मिनट 26 सेकेंड के टीजर में देखा जा सकता है कि तरबूज में इंजेक्शन लगाया जा रहा है। दूध और पनीर में मिलावट की जा रही है। इसी तरह से फसल में कीटनाशक का इस्तेमाल किया जा रहा है। टीजर में यह भी दिखाया गया है कि मिलावटी और जहरीला खाना खाने से लोग बीमार पड़ रहे हैं और अस्पताल के चक्कर काट रहे हैं। ‘द इंडिया स्टोरी’ का टीजर एक ऐसी कहानी की झलक देता है, जिसमें आज के मुद्दे होंगे। इसमें दिखाया जाएगा कि खाने-पीने की चीजों में कैसे मिलावट की जाती और यह हमें कैसे बीमार कर रहा है। यह फिल्म लोगों को सोचने पर मजबूर करेगी और जागरूक करेगी। टीजर में किसी भी मुख्य कलाकार को नहीं दिखाया गया है। इसमें खाने-पीने में मिलावट की तस्वीरें और वीडियो दिखाई गई हैं। टीजर के आखिर में बताया गया है कि यह फिल्म 24 जुलाई को रिलीज होगी। इसके निर्देशक चेतन डीके हैं। इस फिल्म के अलावा श्रेयस जल्द ही ‘गोलमाल 5’ में भी दिखाई देंगे। इसमें अजय देवगन भी हैं।
एक्शन थ्रिलर:सलमान-नयनतारा मुंबई में पूरे करेंगे बड़े स्टंट, नया शूट 10 जून से होगा शुरू
सलमान खान की अगली फिल्म को लेकर हलचल तेज हो गई है। नयनतारा के साथ उनकी पहली ऑनस्क्रीन जोड़ी वाली इस एक्शन थ्रिलर की शूटिंग अब मुंबई के बांद्रा इलाके में होने जा रही है। मनाली शेड्यूल पूरा करने के बाद फिल्म की टीम 10 जून से मुंबई के नए शेड्यूल की शुरुआत करेगी, जहां सलमान और नयनतारा कई बड़े एक्शन सीक्वेंस फिल्माएंगे। सूत्रों के मुताबिक बांद्रा और उसके आसपास के कई वास्तविक लोकेशंस पर शूटिंग होगी, क्योंकि निर्देशक वामशी पेडिपल्ली इन सीन्स को पूरी तरह शहरी परिवेश और रियल टेक्सचर के साथ परदे पर उतारना चाहते हैं। फिल्म में चेज सीक्वेंस, व्हीकल बेस्ड स्टंट, क्लोज-कॉम्बैट फाइट्स और भीड़ के बीच फिल्माए जाने वाले हाई-वोल्टेज एक्शन सीन्स शामिल हैं। नए शेड्यूल की खासियत एक विशाल एक्शन सेट-पीस होगा फिल्म के इस नए शेड्यूल की सबसे बड़ी खासियत एक विशाल एक्शन सेट-पीस बताया जा रहा है, जिसे कहानी का टर्निंग पॉइंट माना जा रहा है। सूत्रों के अनुसार यह सीक्वेंस एक पीछा करने वाली घटना से शुरू होगा और धीरे-धीरे बड़े टकराव में बदल जाएगा। निर्माता दिल राजू इस फिल्म को पैन-इंडिया स्तर पर डेवलप कर रहे हैं और इसके एक्शन हिस्सों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। मनाली के बाद मुंबई और फिर जुलाई में हैदराबाद में फिल्म का अगला बड़ा शेड्यूल रखा गया है। सलमान के खास लुक के लिए प्रीतीशील सिंह फिल्म से जुड़ीं फिल्म की तकनीकी तैयारियां भी बड़े स्तर पर चल रही हैं। सलमान के लुक के लिए चर्चित मेकअप और प्रॉस्थेटिक्स डिजाइनर प्रीतीशील सिंह को जोड़ा गया है, जो सुपरस्टार के लिए पहले कभी न देखे गए कई अलग-अलग लुक तैयार कर रही हैं। प्रीतीशील इससे पहले ‘धुरंधर’ फ्रेंचाइज, ‘करप्पु’, ‘छावा’, ‘खलनायक रिटर्न्स’ आदि में एक्टर्स के लुक पर काम कर चुकी हैं। म्यूजिक को लेकर भी चर्चा है कि अनिरुद्ध रविचंदर और थमन एस जैसे नाम प्रोजेक्ट से जुड़े हो सकते हैं। फिलहाल फिल्म को ईद 2027 पर रिलीज करने की योजना है। ऐसे में मुंबई में शुरू होने वाला यह नया एक्शन शेड्यूल फिल्म के सबसे अहम शेड्यूल्स में से एक माना जा रहा है। नयनतारा का किरदार भी सिर्फ ग्लैमर तक सीमित नहीं होगा फिल्म को लेकर हाल के हफ्तों में कई अन्य दिलचस्प जानकारियां भी सामने आई हैं। ट्रेड रिपोर्ट्स के मुताबिक फिल्म का संभावित टाइटल ‘द मैसेंजर्स’ बताया गया, हालांकि मेकर्स ने अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। रिपोर्ट्स यह भी बताती हैं कि यह एक इंटेंस स्पाई-एक्शन थ्रिलर होगी, जो सलमान की स्पाई ड्रामा फिल्म ‘टाइगर’ फ्रेंचाइज से अलग टोन और शैली में बनाई जा रही है। वहीं नयनतारा का किरदार भी सिर्फ ग्लैमर तक सीमित नहीं होगा, बल्कि उन्हें एक मजबूत और एक्शन-ओरिएंटेड भूमिका में पेश किया जाएगा। अप्रैल 2026 में मुंबई में फिल्म की शूटिंग आधिकारिक रूप से शुरू हुई थी और तभी से यह प्रोजेक्ट ट्रेड और दर्शकों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है।
मराठी फिल्म तिघी ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी सफलता का सिलसिला जारी रखते हुए प्रतिष्ठित न्यूयॉर्क इंडियन फिल्म फेस्टिवल (एनवाईआईएफएफ) में दर्शकों का भरपूर प्यार हासिल किया। फिल्म की विशेष स्क्रीनिंग हाउसफुल रही, जहां बड़ी संख्या में दर्शकों ने इसकी ...
एक्ट्रेस जाह्नवी कपूर की फिल्म ‘पेड्डी’ में उनके किरदार के जरूरत से ज्यादा बोल्ड बताने को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। हालांकि अब जाह्नवी के समर्थन में उनकी मेकअप आर्टिस्ट सवलिन कौर मनचंदा और साउथ एक्ट्रेस डिंपल हयाती आ गई हैं। मेकअप आर्टिस्ट ने दावा किया है कि जाह्नवी ने पोस्ट प्रोडक्शन के दौरान आपत्तिजनक दृश्यों को हटाने की मांग की थी, जिसे डायरेक्टर ने नजरअंदाज कर दिया। वहीं डिंपल हयाती ने सोशल मीडिया पर पोस्ट लिखकर कहा है कि फिल्मों में महिलाओं के खराब चित्रण के लिए एक्ट्रेस को नहीं, बल्कि फिल्म मेकर्स और सिस्टम को जिम्मेदार ठहराया जाना चाहिए। मेकअप आर्टिस्ट बोलीं- डायरेक्टर ने मर्यादा की सीमा पार कीजाह्नवी कपूर की मेकअप आर्टिस्ट सवलिन कौर मनचंदा ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर किया है। इसमें बताया गया है कि जाह्नवी कपूर ने फिल्म के पोस्ट प्रोडक्शन चरण के दौरान कुछ दृश्यों के शामिल होने पर सीधे सवाल उठाए थे। सवलिन के मुताबिक, जाह्नवी ने शूटिंग के समय ही कुछ विशेष कैमरा एंगल को लेकर अपनी पेशेवर सीमाएं तय कर दी थीं, लेकिन फिल्म के फाइनल एडिट में उन दृश्यों को नहीं हटाया गया। मेकअप आर्टिस्ट ने आरोप लगाया कि डायरेक्टर ने बॉक्स ऑफिस कलेक्शन के चक्कर में अभिनेत्री की सहमति और उनकी तय सीमाओं को पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया। डिंपल हयाती ने मेकर्स और सिस्टम पर उठाए सवालतेलुगु और तमिल फिल्मों की अभिनेत्री डिंपल हयाती ने भी इस विवाद पर अपनी बात रखी है। उन्होंने अपने एक्स अकाउंट पर लिखा कि यह अच्छी बात है कि आज अभिनेत्रियों के किरदारों को लिखे जाने के तरीके पर खुलकर बात हो रही है। डिंपल ने कहा कि किसी फिल्म के आने के बाद लोग तुरंत एक्ट्रेस को दोषी ठहराने लगते हैं, जबकि उसे वही करना पड़ता है जो ऑफर किया जाता है। असली गलती मेकर्स और सिस्टम की है, जो सोचते हैं कि फिल्मों में अंग प्रदर्शन ही बिकता है। अभिनेत्रियों को बेहतर अनुभव मिलना चाहिएडिंपल हयाती ने अपनी पोस्ट में आगे लिखा कि हमें अपनी पूरी क्षमता दिखाने का अवसर नहीं मिलता और एक खास इमेज में बांध दिया जाता है। इसके विपरीत, हीरो-केंद्रित फिल्मों में पुरुषों को पूरी आजादी मिलती है। उन्होंने कहा कि फिल्म निर्माण किसी एक व्यक्ति के फैसले पर निर्भर नहीं होता, लेकिन हम सब मिलकर यह मांग उठा सकते हैं कि सेट पर अभिनेत्रियों को बेहतर अनुभव और अच्छी फिल्में मिलनी चाहिए। अगर किसी महिला का किरदार कमजोर लिखा गया है, तो उसकी जिम्मेदारी लेखन और फिल्म मेकर के फैसलों पर है, न कि किरदार निभाने वाली महिला पर। क्या है फिल्म 'पेड्डी' का पूरा विवादयह विवाद तब शुरू हुआ जब राम चरण स्टारर फिल्म 'पेड्डी' रिलीज हुई। दर्शकों ने फिल्म में जाह्नवी कपूर के किरदार 'अचियम्मा' के चित्रण पर नाराजगी जताई। लोगों का आरोप है कि फिल्म की कहानी से ज्यादा जाह्नवी के शारीरिक रूप को दिखाने पर ध्यान दिया है। इससे पहले जाह्नवी के फैन क्लब्स ने कुछ चैट के स्क्रीनशॉट भी शेयर किए थे, जिसमें जाह्नवी ने कैमरा एंगल पर आपत्ति जताई थी। विवाद बढ़ने पर डायरेक्टर बुच्ची बाबू सना ने जनता से सार्वजनिक माफी मांगी थी और आपत्तिजनक दृश्यों में बदलाव करने का वादा किया था। ये खबर भी पढ़ें जाह्नवी कपूर ने क्या विवादित शॉट्स पर जताई थी आपत्ति:एक्ट्रेस की कथित पर्सनल चैट लीक; दावा- पेड्डी में राम चरण ने डायरेक्टर को डांटा था फिल्म 'पेड्डी' को लेकर चल रहे विवाद के बीच अभिनेत्री जाह्नवी कपूर की एक कथित पर्सनल चैट सोशल मीडिया पर लीक हो गई है। जाह्नवी के फैन क्लब्स की तरफ से शेयर किए गए इन स्क्रीनशॉट्स में दावा किया जा रहा है कि अभिनेत्री ने फिल्म की शूटिंग के दौरान कुछ आपत्तिजनक कैमरा एंगल पर चिंता जताई थी। पूरी खबर पढ़ें
राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता मलयालम एक्टर सलीम कुमार का 56 साल की उम्र में कार्डियक अरेस्ट के कारण शनिवार रात निधन हो गया। वह अस्वस्थ होने के बाद कोच्चि (केरलम) के अमृता अस्पताल में भर्ती कराए गए थे, जहां उन्होंने अंतिम सांस ली। उन्होंने ‘आदामिन्टे मकन अबू’, ‘पुलिवाल कल्याणम’, ‘अचनुरंगथा वीडु’, ‘मीसा माधवन’ और ‘मायावी’ जैसी कई मलयालम फिल्मों में काम किया था। रविवार को पारावुर टाउन हॉल में उनके पार्थिव शरीर को अंतिम दर्शन के लिए रखा गया। दोपहर 3 बजे एर्नाकुलम के नॉर्थ पारावुर स्थित उनके आवास पर अंतिम संस्कार किया जाएगा। केरलम सरकार ने उनके निधन पर दुख जताया। सरकार ने अंतिम संस्कार और उससे जुड़े सभी खर्च वहन करने का फैसला किया। 300 से ज्यादा फिल्मों में काम किया सलीम कुमार मलयालम सिनेमा के फेमस एक्टर थे। उन्होंने तीन दशक से अधिक लंबे करियर में 300 से ज्यादा फिल्मों में काम किया। उन्होंने मुख्य रूप से मलयालम फिल्मों में एक्ट किया। साथ ही कुछ तमिल (मरयां) और ओडिया (ऊंगा) फिल्मों में भी नजर आए। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत कॉमिक रोल से की और अपनी कॉमिक टाइमिंग, एक्सप्रेशन और डायलॉग डिलीवरी के लिए जाने गए। बाद में उन्होंने खुद को कैरेक्टर एक्टर के तौर पर स्थापित किया। केरलम राज्य फिल्म पुरस्कार से भी सम्मानित हुए सलीम कुमार 2010 में ‘आदामिन्टे मकन अबू’ में अबू की भूमिका के लिए राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार और केरलम राज्य फिल्म पुरस्कार में सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का सम्मान मिला। इसके अलावा ‘अचनुरंगथा वीडु’ (2005) के लिए द्वितीय सर्वश्रेष्ठ अभिनेता, ‘अयालुम न्जानुम थम्मिल’ (2013) के लिए सर्वश्रेष्ठ हास्य अभिनेता और ‘करुथा जूथन’ (2017) के लिए सर्वश्रेष्ठ कहानी का केरलम राज्य फिल्म पुरस्कार भी मिला। सलीम कुमार के परिवार में उनकी पत्नी सुनीता, दो बेटे चंदू सलीम कुमार और आरोमल सलीम कुमार हैं। चंदू सलीम कुमार भी एक्टर हैं। चंदू सुपरहिट फिल्म मंजुम्मेल बॉयज (2024) में दिखाई दिए थे। डबिंग आर्टिस्ट के रूप में भी काम किया था सलीम कुमार ने डबिंग आर्टिस्ट के रूप में भी काम किया था। उन्होंने फिल्म ‘ओम शांति ओशाना’ में बतौर नैरेटर अपनी आवाज दी थी। वहीं, ‘यूटोपियायिले राजावु’ में उन्होंने एक कौवे के किरदार को आवाज दी। फिल्म ‘अलमारा’ में उन्होंने लकड़ी की अलमारी के किरदार के लिए डबिंग की थी। इसके अलावा ‘केशु ई वीडिंटे नाधन’ में उन्होंने नैरेटर की भूमिका निभाई। वहीं, ‘मुकुंदन उन्नी एसोसिएट्स’ में उन्होंने मुख्य किरदार मुकुंदन के दादा की आवाज दी थी। यह खबर भी पढ़ें… फिल्म प्रोड्यूसर पहलाज निहलानी का निधन:सेंसर बोर्ड के अध्यक्ष रहे, गोविंदा को ब्रेक दिया था; शोला और शबनम, आंखें जैसी फिल्में बनाईं फिल्म प्रोड्यूसर और CBFC (सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन) के अध्यक्ष रहे पहलाज निहलानी का 76 साल की उम्र में 4 जून को निधन हो गया है। वह कई दिनों से बीमार थे। पूरी खबर यहां पढ़ें…
मलयालम एक्टर सलीम कुमार का 56 साल की उम्र में कार्डियक अरेस्ट के कारण शनिवार रात निधन हो गया। वह अस्वस्थ होने के बाद कोच्चि (केरल) के अमृता अस्पताल में भर्ती कराए गए थे, जहां उन्होंने अंतिम सांस ली। रविवार को सुबह 9 बजे से दोपहर 1 बजे तक पारावुर टाउन हॉल में उनके पार्थिव शरीर को अंतिम दर्शन के लिए रखा जाएगा। इसके बाद दोपहर 3 बजे एर्नाकुलम के नॉर्थ पारावुर स्थित उनके आवास पर अंतिम संस्कार किया जाएगा। केरल सरकार ने उनके निधन पर दुख व्यक्त किया है। सरकार ने अंतिम संस्कार और उससे जुड़े सभी खर्च वहन करने का फैसला किया है। सम्मान स्वरूप अंतिम संस्कार में राजकीय सम्मान भी दिया जाएगा। जिला कलेक्टर सरकार की ओर से पुष्पचक्र अर्पित करेंगे, जबकि जिला पुलिस प्रमुख पुलिस सम्मान और ब्यूगल सलामी की व्यवस्था करेंगे। 300 से ज्यादा फिल्मों में काम किया सलीम कुमार मलयालम सिनेमा के सबसे बहुमुखी कलाकारों में गिने जाते थे। उन्होंने तीन दशक से अधिक लंबे करियर में 300 से ज्यादा फिल्मों में काम किया। उन्होंने मुख्य रूप से मलयालम फिल्मों में अभिनय किया, साथ ही कुछ तमिल और ओडिया फिल्मों में भी नजर आए। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत कॉमिक रोल से की और अपनी कॉमिक टाइमिंग, एक्सप्रेशन और डायलॉग डिलीवरी के लिए जाने गए। बाद में उन्होंने खुद को एक जाने-माने कैरेक्टर एक्टर के तौर पर स्थापित किया। केरल राज्य फिल्म पुरस्कार से भी सम्मानित हुए सलीम कुमार 2010 में ‘आदामिन्टे मकन अबू’ में अबू की भूमिका के लिए राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार और केरल राज्य फिल्म पुरस्कार में सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का सम्मान मिला। इसके अलावा ‘अचनुरंगथा वीडु’ (2005) के लिए द्वितीय सर्वश्रेष्ठ अभिनेता, ‘अयालुम न्जानुम थम्मिल’ (2013) के लिए सर्वश्रेष्ठ हास्य अभिनेता और ‘करुथा जूथन’ (2017) के लिए सर्वश्रेष्ठ कहानी का केरल राज्य फिल्म पुरस्कार भी मिला। सलीम कुमार के परिवार में उनकी पत्नी सुनीथा और दो बेटे, चंदू सलीम कुमार तथा आरोमल सलीम कुमार हैं। चंदू सलीम कुमार भी एक्टर हैं।
डीप नेक ब्लाउज और फ्लोरल साड़ी में कंगना रनौट का हॉट अवतार, तस्वीरें वायरल
मुख्य बॉलीवुड की 'क्वीन' और सांसद कंगना रनौट इन दिनों अपनी अपकमिंग फिल्म 'भारत भाग्य विधाता' को लेकर सुर्खियों में हैं। इस फिल्म के प्रमोशन इवेंट्स में कंगना का ग्लैमरस अवतार देखने को मिल रहा है। इतना ही नहीं वह अपनी तस्वीरों से इंटरनेट पर भी तहलका ...
फिल्ममेकर विक्रम भट्ट ने हाल ही में कथित धोखाधड़ी के आरोप में उदयपुर जेल में बिताए 70 दिनों का अनुभव शेयर किया। विक्रम भट्ट और उनकी पत्नी श्वेतांबरी पर 30 करोड़ रुपए की कथित धोखाधड़ी का आरोप लगा था, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया। सिद्धार्थ कन्नन को दिए इंटरव्यू में भट्ट ने कहा कि जेल में उनका समय बहुत मुश्किल था, लेकिन वहां उन्हें अपने साथी कैदियों से उम्मीद से ज्यादा सपोर्ट मिला। उन्होंने बताया कि वह 60 से 80 कैदियों के साथ एक बैरक में रहते थे। उनके अनुसार, साथी कैदी उनका खास ध्यान रखते थे, उनके लिए खाना लाते थे और कपड़ों की देखभाल करते थे। भट्ट ने कहा कि कैदी उन्हें ‘भीष्म पितामह’ कहकर बुलाते थे और रात में उनसे डरावनी कहानियां सुनाने की मांग करते थे। जेल में भट्ट को पीलिया हो गया था भट्ट ने बताया कि जेल के दौरान उनकी तबीयत और बिगड़ गई तथा उन्हें पीलिया हो गया। उन्होंने कहा, मैं वहां लगभग मर ही गया था। अब मुझे नहीं पता कि वहां की राजनीति क्या थी, क्योंकि मेरे साथ तो लोग अच्छे थे, लेकिन मैं एक ऑटोइम्यून बीमारी, एंकिलोजिंग स्पॉन्डिलाइटिस से पीड़ित हूं। इसकी वजह से मेरे जोड़ों और मांसपेशियों में दर्द रहता है। फिल्ममेकर ने आगे कहा कि दिसंबर-जनवरी का महीना था और बहुत ठंड पड़ रही थी। मैं जिस करवट सोता, उसी तरफ की हिप बोन में दर्द होने लगता। दूसरी करवट लेता तो वहां दर्द शुरू हो जाता। इसी दौरान मुझे पीलिया भी हो गया। विक्रम ने अस्पताल ले जाने में देरी का दावा किया भट्ट ने दावा किया कि तेज बुखार और कमजोरी के बावजूद उन्हें अस्पताल ले जाने में देरी हुई। उन्होंने कहा कि बैरक के साथी कैदी उन्हें अपने कंबल ओढ़ाकर मदद करते थे, जबकि वे लगातार अस्पताल भेजे जाने की मांग कर रहे थे। रिहाई के बाद उन्हें फिल्म इंडस्ट्री के कुछ लोगों के फोन आए। भट्ट ने बताया कि मिथुन चक्रवर्ती और संजय दत्त ने उनका हालचाल पूछा। उन्होंने कहा कि संजय दत्त का फोन उनके लिए खास था क्योंकि उन्होंने कभी साथ काम नहीं किया था। जब उनसे पूछा गया कि क्या अक्षय कुमार ने भी संपर्क किया, तो उन्होंने कहा कि अक्षय उनके दोस्त नहीं हैं, इसलिए ऐसी उम्मीद नहीं थी। भट्ट ने अपने बचपन के दोस्त अजय देवगन का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि अजय का फोन आना नैचुरल था क्योंकि दोनों का रिश्ता सालों का पुराना है। भट्ट के अनुसार, हर रिश्ते का नेचर अलग होता है और सभी से समान अपेक्षा रखना उचित नहीं है। विक्रम भट्ट से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… जेल से बाहर आए विक्रम भट्ट, बोले-सत्य पराजित नहीं होगा:अंदर एक दोस्त बना, मुझे मेवाड़ की मिट्टी की तासीर के बारे में बताया बॉलीवुड फिल्म डायरेक्टर विक्रम भट्ट 19 फरवरी 2026 को 2 महीने 11 दिन बाद उदयपुर सेंट्रल जेल से बाहर आए गए थे। जेल से निकलते ही उन्होंने सबसे पहले कैंपस में स्थित भगवान शिव के दर्शन किए। पूरी खबर यहां पढ़ें…
एक्ट्रेस मधु शाह ने हाल ही में फिल्म यशवंत की शूटिंग से जुड़ा एक किस्सा शेयर किया। उन्होंने बताया कि फिल्म के एक सीन की शूटिंग के दौरान एक्टर नाना पाटेकर ने उन्हें सच में थप्पड़ मार दिया था, जिसके जवाब में उन्होंने भी नाना को रियल में थप्पड़ जड़ दिया था। हिंदी रश को दिए इंटरव्यू में मधु ने बताया कि यशवंत में एक सीन के दौरान उन्हें रोना था। सीन के लिए वह ग्लिसरीन का इस्तेमाल करना चाहती थीं, लेकिन नाना पाटेकर इसके पक्ष में नहीं थे। उनके मुताबिक, नाना चाहते थे कि एक्टर इमोशन महसूस करें और नैचुरली एक्टिंग करें। नाना पाटेकर ने सीन में सच में थप्पड़ मारा था मधु ने बताया, उन्होंने (नाना पाटेकर) सीन के दौरान मुझे सच में थप्पड़ मार दिया। मेरी आंखों से सचमुच आंसू निकल आए। मैं बहुत गुस्सा हो गई, क्योंकि रिहर्सल में उन्होंने कभी ऐसा नहीं किया था। रिहर्सल के समय ऐसा कुछ नहीं हुआ था। टेक के दौरान उन्होंने मुझे पूरी तरह चौंका दिया। उन्होंने मुझे सच में थप्पड़ मार दिया था। मैं उस समय बहुत गुस्से वाली लड़की थी और शायद आज भी हूं। इसलिए मुझे बहुत गुस्सा आ गया और मैंने भी उन्हें सच में थप्पड़ मार दिया। मधु के मुताबिक, यह फिल्म का एक जरूरी सीन था और डायरेक्टर अनिल मट्टू ने इसकी शूटिंग के लिए पूरा दिन तय किया था, लेकिन कुछ अचानक हुए बदलावों की वजह से यह सीन उम्मीद से बहुत जल्दी पूरा हो गया। उन्होंने कहा कि यह सीन बहुत नैचुरल लगा और सिर्फ आधे दिन में पूरा हो गया। नाना से मेथड एक्टिंग की कई बातें सीखीं मधु ने यह भी कहा कि इस घटना के बावजूद नाना पाटेकर ने कभी उनका अनादर नहीं किया। उनके अनुसार, नाना सिर्फ एक्टिंग को लेकर सख्त थे और चाहते थे कि कलाकार अपने किरदार को पूरी तरह महसूस करके निभाएं। उन्होंने कहा कि नाना के साथ काम करते हुए उन्होंने मेथड एक्टिंग की कई बातें सीखीं। मधु जल्द फिल्म 'गवर्नर' में नजर आएंगी मधु जल्द ही फिल्म 'गवर्नर' में नजर आएंगी। विपुल अमृतलाल शाह द्वारा निर्मित यह फिल्म 12 जून 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। बता दें कि अपने करियर में मधु फूल और कांटे (1991), रोजा (1992), अल्लारी प्रियुडु (1992), योद्धा (1992) और जेंटलमैन (1993) जैसी फिल्मों का हिस्सा रही हैं।
पिरामिड स्कीम्स सिर्फ पैसे नहीं डुबोतीं, बल्कि रिश्तों और भरोसे को भी तोड़ देती हैं। TVF की नई वेब सीरीज 'द पिरामिड स्कीम' इसी सच्चाई को दिखाती है। दैनिक भास्कर से बातचीत में रणवीर शौरी, अल्फिया जाफरी, परमवीर सिंह चीमा और क्रिएटर-निर्देशक श्रेयांश पांडे ने अपने अनुभव साझा किए। किसी ने मॉडलिंग के नाम पर लाखों रुपए गंवाए, तो किसी ने झूठे वादों और फर्जी ऑफर्स का सामना किया। कलाकारों ने भरोसा टूटने, संघर्ष, इंडस्ट्री की हकीकत और पिरामिड स्कीम्स के असर पर बात की। सवाल: क्या कभी किसी ने आपसे कहा कि बस यह काम कर लो, फिर जिंदगी बदल जाएगी? जवाब/रणवीर शौरी: हमारी इंडस्ट्री में यह बात अक्सर सुनने को मिलती है। कहा जाता है कि यह लाइफ-चेंजिंग रोल है, इसके बाद सब बदल जाएगा। जिंदगी बदलती है, लेकिन उतनी नहीं जितनी बताई जाती है। हर प्रोजेक्ट के बाद खुद को फिर से साबित करना पड़ता है। एक बार नीचे गिर जाएं तो दो-तीन साल दोबारा खड़े होने में लग जाते हैं। सवाल: क्या आप कभी किसी स्कीम या झांसे में फंसे हैं? जवाब/परमवीर सिंह चीमा: हां, शुरुआती दिनों में मैं एक फोटोग्राफर के झांसे में आ गया था। मॉडलिंग के लिए पोर्टफोलियो बनवाने की सलाह दी गई। बताया गया कि वह फोटोग्राफर आमतौर पर 2 लाख रुपए लेता है, लेकिन मुझसे 1.25 लाख लेगा। मैंने पैसे दिए और शूट कराया। बाद में पता चला कि वह फोटोग्राफर मुफ्त में शूट करता था। स्टाइलिस्ट को अलग से 25 हजार रुपए दिए। कुल मिलाकर डेढ़ लाख रुपए खर्च हो गए। सवाल: उस घटना का सबसे ज्यादा दुख किस बात का था? जवाब/परमवीर सिंह चीमा: पैसों का नुकसान था, लेकिन उससे ज्यादा दुख विश्वास टूटने का था। मुझे लगा था कि लोग मेरी मदद कर रहे हैं, लेकिन बाद में पता चला कि मेरे साथ खेल हुआ है। सवाल: अल्फिया, क्या आप कभी ऐसी किसी स्कीम का शिकार हुई हैं? जवाब/अल्फिया जाफरी: सीधे तौर पर नहीं। लेकिन बचपन से सुनती आई हूं कि बस थोड़ी बड़ी हो जाओ, तुम्हें लॉन्च कर देंगे, हीरोइन बना देंगे। ऐसे कई वादे किए गए, लेकिन कुछ नहीं हुआ। एक समय ऐसा आया कि मैंने सोचा कि मुझे यह सब नहीं करना है। सवाल: श्रेयांश, 'द पिरामिड स्कीम' बनाने का विचार कहां से आया? जवाब/श्रेयांश पांडे: हमने इस विषय पर काफी रिसर्च की। कॉलेज के दिनों में ऐसी कई कंपनियों को करीब से देखा, जो युवाओं को बड़े सपने दिखाती थीं। उन्हें बताया जाता था कि उनकी पर्सनैलिटी डेवलप होगी, नौकरी मिल जाएगी और जिंदगी बदल जाएगी। लेकिन असल में पूरा सिस्टम लोगों को फंसाने के लिए बनाया जाता था। सवाल: पिरामिड स्कीम में सबसे बड़ा नुकसान क्या होता है? जवाब/श्रेयांश पांडे: सिर्फ पैसों का नुकसान नहीं होता। सबसे बड़ा नुकसान रिश्तों का होता है। लोग अपने रिश्तेदारों और दोस्तों को जोड़ते हैं। जब स्कीम टूटती है तो रिश्ते भी टूट जाते हैं। पैसा वापस कमाया जा सकता है, लेकिन टूटा भरोसा वापस नहीं आता। सवाल: रणवीर, क्या आपने भी कभी पोर्टफोलियो शूट कराया था? जवाब/रणवीर शौरी: हां, मैंने भी पोर्टफोलियो बनवाया था, लेकिन परमवीर जैसा अनुभव नहीं रहा। मेरे लिए सबसे अहम बात यह है कि जब कोई आपकी मासूमियत और भरोसे का फायदा उठाता है, तो वही सबसे ज्यादा तकलीफ देता है। सवाल: क्या आपके साथ कभी भरोसा टूटने वाली कोई घटना हुई? जवाब/रणवीर शौरी: फिल्म इंडस्ट्री में ऐसा मेरे साथ ज्यादा नहीं हुआ, क्योंकि मैं बचपन से इस माहौल को देखता आया हूं। यहां की चालबाजियों और स्कीम्स के बारे में पहले से जानता था। इसलिए मुझे बेवकूफ बनाना आसान नहीं है। सवाल: अल्फिया, जब भरोसा टूटता है तो उससे कैसे उबरना चाहिए? जवाब/अल्फिया जाफरी: हर इंसान अलग तरह से चीजों को देखता है। मैं पहले बहुत लोगों पर भरोसा करती थी, लेकिन कुछ अनुभवों के बाद लोगों पर भरोसा करना कम कर दिया। आज मेरे बहुत कम दोस्त हैं। मेरे लिए आगे बढ़ना आसान नहीं था, लेकिन हर किसी का तरीका अलग होता है। सवाल: परमवीर, भरोसा टूटने के बाद क्या बदलाव आया? जवाब/परमवीर सिंह चीमा: जब बार-बार ऐसे अनुभव होते हैं, तो इंसान लोगों से दूरी बनाने लगता है। कई बार सही लोगों पर भी भरोसा नहीं कर पाता। मेरे साथ भी ऐसा हुआ था। सवाल: क्या समय के साथ इंसान मजबूत हो जाता है? जवाब/रणवीर शौरी: बिल्कुल। उम्र और अनुभव के साथ आपकी 'स्किन मोटी' हो जाती है। बार-बार चोट खाने के बाद आप चीजों को बेहतर तरीके से समझने लगते हैं। सवाल: आपने पिरामिड स्कीम से जुड़ी सबसे अजीब चीज क्या देखी? जवाब/श्रेयांश पांडे: हमने इंटरनेट पर ऐसी कई वीडियो देखीं। एक महिला दावा कर रही थी कि वह इतनी विदेश यात्राएं करती है कि अब पासपोर्ट और वीजा की जरूरत नहीं पड़ती। ऐसे दावे सुनकर हैरानी होती है। सवाल: इंडस्ट्री में नेटवर्किंग ज्यादा जरूरी है या टैलेंट? जवाब/रणवीर शौरी: दोनों जरूरी हैं। परमवीर सिंह चीमा: अनुभव भी जरूरी है। अल्फिया जाफरी: मैं उम्मीद करती हूं कि मेरे मामले में टैलेंट ज्यादा महत्वपूर्ण हो। सवाल: क्या सिर्फ कॉन्टैक्ट्स होने से सब कुछ संभव हो जाता है? जवाब/रणवीर शौरी: यह सिर्फ फिल्म इंडस्ट्री की नहीं, बल्कि देश की भी हकीकत है कि कॉन्टैक्ट्स कई जगह काम आते हैं। सवाल: क्या कभी फेक कास्टिंग कॉल या झूठे वादे का सामना करना पड़ा? जवाब/अल्फिया जाफरी: हां। एक बार मुझे कॉल आया कि मुझे 'हाउस ऑफ द ड्रैगन' के लिए कास्ट करना चाहते हैं। मैं बहुत उत्साहित हो गई थी, लेकिन बाद में पता चला कि वह फर्जी कॉल था। सवाल: आखिर में, इंडस्ट्री में ज्यादा एक्टिंग कैमरे के सामने होती है या पीछे? जवाब/रणवीर शौरी: कैमरे के सामने ही होती है। शुरुआत में लोग कैमरे के पीछे भी एक्टिंग करते हैं, लेकिन बाद में समझ आ जाता है कि उसका कोई फायदा नहीं है। सवाल: दर्शकों को 'द पिरामिड स्कीम' क्यों देखनी चाहिए? जवाब/श्रेयांश पांडे: क्योंकि यह सिर्फ एक स्कैम की कहानी नहीं है। यह उन लोगों की कहानी है, जिन्होंने अपने सपनों, पैसों और सबसे बढ़कर रिश्तों को दांव पर लगा दिया।
फिल्म 'पेड्डी' को लेकर चल रहे विवाद के बीच अभिनेत्री जाह्नवी कपूर की एक कथित पर्सनल चैट सोशल मीडिया पर लीक हो गई है। जाह्नवी के फैन क्लब्स की तरफ से शेयर किए गए इन स्क्रीनशॉट्स में दावा किया जा रहा है कि अभिनेत्री ने फिल्म की शूटिंग के दौरान कुछ आपत्तिजनक कैमरा एंगल पर चिंता जताई थी। यह चैट फिल्म के डायरेक्टर बुच्ची बाबू सना की माफी के बाद सामने आई है। चैट के मुताबिक, को-स्टार राम चरण ने भी इस मामले में जाह्नवी का सपोर्ट किया था और डायरेक्टर को डांटा था। हालांकि, जाह्नवी कपूर या उनकी टीम ने अभी तक इन मैसेजेस की पुष्टि नहीं की है। यह विवाद तब बढ़ा जब फिल्म 'पेड्डी' में जाह्नवी कपूर के किरदार 'अचियम्मा' को पर्दे पर दिखाने के तरीके की दर्शकों ने आलोचना की। लोगों का कहना है कि फिल्म में जाह्नवी कपूर के किरदार की कहानी से ज्यादा उसकी शारीरिक बनावट पर फोकस किया गया है। आपत्तिजनक शॉट्स पर जाह्नवी ने दी थी चेतावनीफैन पेजेस पर वायरल हो रहे स्क्रीनशॉट्स के मुताबिक, जाह्नवी कपूर ने फिल्म में अपने किरदार के लिए इस्तेमाल किए जा रहे कैमरा एंगल का बार-बार विरोध किया था। 30 अक्टूबर की तारीख वाले एक मैसेज में कथित तौर पर अभिनेत्री ने लिखा, “मैंने उन्हें साफ मना किया था कि फिल्म में कोई भी छाती और कमर के शॉट्स नहीं होने चाहिए।” सपोर्ट में आए राम चरण लीक हुई चैट में जाह्नवी ने यह भी बताया कि इस मुद्दे पर उनके को-स्टार राम चरण ने उनका पूरा साथ दिया था। जाह्नवी ने लिखा, राम सर बहुत अच्छे हैं। उन्होंने डायरेक्टर पर चिल्लाते हुए साफ कहा कि तुम आगे से कभी उसके ऐसे एंगल से शॉट नहीं लोगे। इसके बाद डायरेक्टर उदास हो गए थे। डायरेक्टर मांग चुके माफी डायरेक्टर बुच्ची बाबू सना ने शनिवार को बयान जारी कर माफी मांगी। बुची बाबू सना ने आधिकारिक X अकाउंट पर बयान जारी कर लिखा, एक फिल्ममेकर के तौर पर, मेरा मानना है कि सिनेमा को लोगों का मनोरंजन करना चाहिए, उन्हें प्रेरित करना चाहिए और उनसे जुड़ना चाहिए। इसका मकसद कभी भी किसी को असहज महसूस कराना या उनका अपमान करना नहीं होना चाहिए। हमने पेड्डी के कुछ सीन पर आए रिएक्शन को गंभीरता से लिया है। महिलाओं के सम्मान की बात करते हुए बाबू ने लिखा, मैं हमेशा महिलाओं का सम्मान करता आया हूं, चाहे वह पर्दे पर हों या असल जिंदगी में। हमारा इरादा कभी भी किसी महिला किरदार को गलत तरीके से दिखाने या उसका अपमान करने का नहीं था, लेकिन अगर फिल्म का कोई हिस्सा लोगों को ऐसा महसूस कराता है, तो हम उनकी भावनाओं का सम्मान करते हैं, उनकी चिंताओं को समझते हैं और इसके लिए दिल से माफी मांगते हैं आपत्तिजनक सीन्स में बदलाव करेंगे सीन में बदलाव की बात करते हुए बुच्ची बाबू ने लिखा, मिली प्रतिक्रियाओं की समीक्षा करने के बाद हमने फिल्म के उन हिस्सों में बदलाव करने का फैसला किया है जिन पर आपत्ति जताई गई है। सिनेमा और दर्शकों का रिश्ता बहुत खास होता है। एक कहानीकार के तौर पर हमारी जिम्मेदारी है कि हम समय के साथ बदलती सोच और संवेदनशीलताओं का ध्यान रखें। अपने बयान के अंत में फिल्ममेकर ने लिखा, हर महिला सम्मान, गरिमा और सही रिप्रेजेंटेशन की हकदार है। हम आगे भी ऐसी कहानियां सुनाने के लिए कमिटेड हैं जो मजबूत किरदारों को सामने लाएं और इन वैल्यूज को बनाए रखें। अपनी राय ईमानदारी से शेयर करने वाले सभी लोगों का धन्यवाद। किरदार को जरूरत से ज्यादा बोल्ड बताया दरअसल, फिल्म पेड्डी की रिलीज के बाद सोशल मीडिया पर जाह्नवी कपूर के किरदार ‘अचियम्मा’ को लेकर कुछ लोगों का कहना है कि किरदार को कहानी की जरूरत के बजाय दर्शकों को आकर्षित करने के उद्देश्य से अधिक बोल्ड तरीके से प्रस्तुत किया गया है। इसके चलते फिल्म मेकर्स की ऑनलाइन आलोचना होने लगी। हालांकि, पूरे विवाद पर अभी तक जाह्नवी कपूर की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। अभिनेत्री ने मामले पर पब्लिकली कोई बयान नहीं दिया है।
दिवंगत फिल्म निर्माता और पूर्व सीबीएफसी चीफ पहलाज निहलानी की प्रेयर मीट शनिवार को मुंबई के जुहू स्थित इस्कॉन मंदिर में आयोजित की गई। शाम 5 बजे से 7 बजे तक हुई इस प्रार्थना सभा में बॉलीवुड की कई हस्तियां शामिल हुईं और उन्हें श्रद्धांजलि दी। पहलाज निहलानी का 4 जून को 76 वर्ष की उम्र में निधन हो गया था। वे लंबे समय से लिवर संबंधी बीमारी से जूझ रहे थे। प्रेयर मीट में हेमा मालिनी अनिल कपूर, शत्रुघ्न सिन्हा, गोविंदा, चंकी पांडे, जैकी श्रॉफ और फरहान अख्तर समेत फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े कई कलाकार पहुंचे। सभी ने निहलानी परिवार से मुलाकात कर संवेदनाएं व्यक्त कीं और दिवंगत निर्माता को याद किया। देखें प्रेयर मीट की तस्वीरें … पहलाज निहलानी ने ‘आंखें’, ‘शोला और शबनम’, ‘इल्जाम’ और ‘अंदाज’ जैसी कई सफल फिल्मों का निर्माण किया था। गोविंदा और डेविड धवन के साथ उनकी जोड़ी ने 90 के दशक में कई हिट फिल्में दीं। फिल्म निर्माण के अलावा वे 2015 से 2017 तक केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) के अध्यक्ष भी रहे थे। पहलाज निहलानी का करियर पहलाज निहलानी ने 1982 में बतौर प्रोड्यूसर पहली फिल्म हथकड़ी बनाई और यहीं से उनके फिल्मी सफर की शुरुआत हुई। इसके बाद 1985 में उनकी दूसरी फिल्म आंधी-तूफान रिलीज हुई, जिसने उन्हें बॉलीवुड में एक निर्माता के रूप में पहचान दिलाई। साल 1986 में उन्होंने फिल्म इल्जाम बनाई, जिससे गोविंदा को पहला बड़ा ब्रेक मिला। फिल्म हिट रही और गोविंदा को देशभर में पहचान मिली। 1987 में आई आग ही आग के जरिए चंकी पांडे ने बॉलीवुड में कदम रखा। इसी साल निहलानी ने फिल्म गुनाहों का फैसला भी बनाई। 1990 के दशक में पहलाज निहलानी ने शोला और शबनम और आंखें जैसी सुपरहिट फिल्मों का निर्माण किया। आंखें उस दौर की ब्लॉकबस्टर फिल्मों में से एक साबित हुई। गोविंदा को दिया था करियर का पहला बड़ा ब्रेक गोविंदा ने पहलाज निहलानी के साथ आंखें, शोला और शबनम जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्मों में काम किया। कुछ समय पहले ही उन्होंने लर्न फ्रॉम द लीजेंड के पॉडकास्ट में गोविंदा पर कहा था, ‘फिल्म आंधी तूफान के बाद मैं मिथुन चक्रवर्ती और शत्रुघ्न के साथ एक फिल्म बनाना चाहता था, लेकिन उस समय मिथुन और शत्रुघ्न 4-4 शिफ्ट करते थे। इस वजह से हमारी नहीं बनी। फिर रीक्कू राकेश, गोविंदा को मेरे पास लेकर आए। फोटोग्राफ भी लेकर आए, लेकिन मुझे पसंद नहीं आए। उसका लुक पसंद नहीं आया।’ चंकी पांडे, पहलाज निहलानी, गोविंदा और डेविड धवन की पुरानी तस्वीर 'अगले दिन वो मेरे पास वीडियो कैसेट लेकर आया, जिसमें उसके डांस थे। उस समय ब्रेक डांस माइकल जैक्सन की वजह से पॉपुलर थे। उसने मुझे कैसेट दिखाया, तो मैंने पूछा क्या-क्या आता है। मुझे उसका चेहरा पसंद नहीं था, लेकिन उसका डांस और एक्शन पसंद आया। मेरी स्टोरी पूरी एक्शन थी। मैं लंदन जा रहा था, तो मैं उससे कहकर गया कि तुम अपनी तैयारी करो। लंदन में छुट्टियों के समय मैंने कहानी पूरी की। फिर मैंने उसमें डांस डाला। आज की डेट में उसके जितना टैलेंटेड कोई एक्टर नहीं है। उस समय वो एडवोकेट के रोल में, इंसपेक्टर के रोल में फिट नहीं होता था, हाइट की वजह से। लेकिन अब वो स्टार हो गया, स्टार से तो कुछ भी करवा लो।' गोविंदा और पहलाज निहलानी ने कुल चार फिल्मों में साथ काम किया। इनमें इल्जाम, शोला और शबनम, आंखें और रंगीला राजा शामिल हैं। काम नहीं था, तो गोविंदा को दी शोला और शबनम उसी पॉडकास्ट में पहलाज ने कहा, 'गोविंदा के पास काम नहीं था, तब शोला और शबनम हमने शुरू की तो उससे पहली बार कॉमेडी रोल करवाया। फिर जब काम नहीं था उसके बाद तब फिल्म आंखें करवाई। दोनों फिल्मों में एकदम अलग रोल था।’ पहलाज निहलानी ने कहा था- गोविंदा इनसिक्योर है जब पहलाज निहलानी से पूछा गया कि क्या गोविंदा के नेगेटिव एटीट्यूड की वजह से कई प्रोड्यूसर और डायरेक्टर उनके साथ काम नहीं करना चाहते थे, तो इसके जवाब में उन्होंने कहा, ‘जब सक्सेस मिलती है, तो आदमी हर दर्द सह लेता है, लेकिन जब सक्सेस की सीढ़ी से नीचे उतरते हैं तो तकलीफ होती है। गोविंदा में वो प्रॉब्लम शुरू से थी, क्योंकि वो खुद को इनसिक्योर मानता था।' 'उसके पिता महबूब खान के बहुत बड़े हीरो रहे हैं। बड़ी-बड़ी पिक्चरें की, अच्छे प्रोड्यूसर भी रहे, नुकसान हुआ। इसके बाद उसने इतना दर्द सहा, बहुत सारी चीजें उसके हाथ से निकल गईं, स्ट्रगल करना पड़ा। वो सारी चीजें उसके अंदर थीं। वो इनसिक्योरिटी रहती है। उसे था कि कहीं से पैसे आ जाएं। उसके पास भाई-बहन की जिम्मेदारियां थीं। वो पैसे में उलझा रहता था, उसे करना भी सब था।’ 'इस वजह से उसका एटीट्यूड ऐसा हो गया था। जब काम और प्रेशर बहुत हो जाता है, तो आप छोड़ नहीं सके, तो चीजें बढ़ गईं। फिर आदत बन गई, वहमी हो गया। जब नहीं चलता आदमी तो सब उसे डैमेज करते हैं, वर्ना गोविंदा जैसा हीरो ढूंढने पर नहीं मिलेगा।' दिव्या भारती को चोट लगी, तो रोक दी थी शूटिंग पहलाज निहलानी ने दिव्या भारती के साथ फिल्म शोला और शबनम की थी। एक इंटरव्यू में उन्होंने दिव्या भारती के डेडिकेशन से जुड़ा किस्सा शेयर किया और बताया कि कैसे उन्हें दिव्या भारती की चोट के चलते एक्ट्रेस के इनकार के बावजूद शूटिंग रोकनी पड़ी थी। पहलाज निहलानी ने कहा था, 'शोला और शबनम' के दौरान हम 20 घंटे शूटिंग करते थे। हम सुबह से शूटिंग शुरू करते थे और उसके बाद बैक टू बैक सीन, फिर डांस और फिर दूसरे सीन शूट होते थे। एक दिन मुझे याद है हम ऊटी में शूट कर रहे थे और दिव्या का पैर एक कील पर पड़ गया। उन्होंने किसी को कुछ नहीं बताया।' ‘मैं मॉनिटर के पास खड़ा था जब दिव्या शूट के लिए वापस आईं। उन्होंने किसी को पता नहीं चलने दिया कि उन्हें चोट लगी है। मैं भी नहीं समझ पाया फिर उन्होंने मुझसे रुमाल मांगा और अपने पैर में हुए जख्म पर बांध लिया। मैंने उनसे पूछा कि क्या हुआ तो वो कुछ नहीं बोलीं लेकिन मैंने उनके पैर से खून बहता देखा तो फिर तुरंत पैक अप करवा दिया।’ पहलाज निहलानी ने दिव्या भारती को फिल्म 'शोला और शबनम' (1992) में गोविंदा के साथ मुख्य अभिनेत्री के रूप में कास्ट किया था। इनकार के बावजूद जबरदस्ती सेट पर पहुंची थीं दिव्या भारती आगे उन्होंने कहा था, 'पैकअप के बावजूद वो शूटिंग करने पर अड़ी रहीं, उनके चेहरे पर कोई शिकन नहीं थी। मैंने फाइनल पैक अप किया और प्रोडक्शन वालों को इन्फॉर्म कर दिया कि अगले दिन शूटिंग नहीं होगी लेकिन दिव्या नहीं मानीं। मैंने उनकी मां को कह दिया था कि अगले दिन दिव्या को शूटिंग पर ना भेजें ताकि वो रेस्ट कर सकें। लेकिन सुबह छह बजे, दिव्या सेट पर आ गईं और हाउस-कीपिंग से चाबी लेकर मेरे पास पहुंचीं और कहा, 'चलो उठो, आप अब तक सो क्यों रहे हो'? वो अपनी वजह से शूट कैंसिल नहीं करना चाहती थीं और फिर वो शूटिंग करके ही मानीं। उनके साथ मेरी कई बेहतरीन यादें हैं।' रीटेक से झल्ला उठे धर्मेंद्र, पहलाज से कहा था- क्या मैं न्यूकमर हूं 1987 की धर्मेंद्र स्टारर फिल्म आग ही आग को पहलाज निहलानी ने प्रोड्यूस किया था, जबकि इसके डायरेक्टर शिबू मित्रा थे। शूटिंग के दौरान धर्मेंद्र को एक सीन के लिए 15 रीटेक देने पड़े, जिससे वो चिढ़ गए और डायरेक्टर को खूब खरी खोटी सुनाई। इस फिल्म में उनके साथ शत्रुघ्न सिन्हा, नीलम कोठारी, चंकी पांडे और गुलशन ग्रोवर समेत कई एक्टर नजर आए थे। डायरेक्टर को सुनाने के बाद धर्मेंद्र ने सेट पर सबके सामने गुस्से में पहलाज निहलानी से कहा था- ‘पहलाज, क्या मैं कोई न्यूकमर हूं, जो मुझसे टेक पर टेक करवा रहे हो।’ पहलाज निहलानी और धर्मेंद्र की पुरानी तस्वीर। 2015-17 तक CBFC के चीफ रहे, कई आरोप लगे पहलाज निहलानी 2015 से 2017 तक केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) के चीफ रहे हैं। कई लोगों ने उन पर फिल्मों से हिंसक और इंटिमेट सीन बेवजह छोटे करने के आरोप लगाए थे और इसके चलते उनका कार्यकाल विवादित रहा था। जेम्स बॉन्ड सीरीज की फिल्म 'स्पेक्टर' से किसिंग सीन को छोटा कराने पर उनकी आलोचना हुई थी। निहलानी ने शाहिद कपूर स्टार 'उड़ता पंजाब' में कथित तौर पर 69 कट लगाने के लिए कहा था, जो काफी चर्चा में रहा था। बाद में बॉम्बे हाईकोर्ट ने CBFC के फैसले को गलत बताया और फिल्म सिर्फ एक कट के साथ रिलीज हुई थी। 2017 में सरकार ने उन्हें हटाकर गीतकार प्रसून जोशी को CBFC का नया चेयरमैन बनाया था। मूवी टिकट पर GST लगने पर कहा- इंडस्ट्री बुरे दौर से गुजर रही है वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 2 साल पहले मूवी टिकट पर 12-18 प्रतिशत GST लगाया था। इस पर दैनिक भास्कर से बातचीत में पहलाज निहलानी ने कहा था, बहुत से देशों में एंटरटेनमेंट पर टैक्स नहीं है इसलिए GST को इंडिया में भी एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री से पूरी तरह हटाना चाहिए। सरकार को ये सोचना चाहिए कि अपने कल्चर और भाषा को बचाने के लिए ज्यादा से ज्यादा फिल्में बनाने की कोशिशों को बढ़ावा दिया जाए। मौजूदा समय में जिस तरह का बिजनेस आ रहा है, उसकी वजह से अच्छे विषयों पर फिल्में नहीं बन पा रही हैं और पैसे कमाने के लिए हल्के विषयों और वल्गर कंटेंट पर फिल्में बनने की मजबूरी हो गई है। निहलानी ने आगे कहा था, फिल्में कॉमन मैन के लिए बनती हैं। छोटे से छोटा मजदूर भी जो है पिक्चर देखता है अगर जो फिल्म टिकट सस्ती हो जाए और इस पर टैक्स न लगे तो इससे सिंगल स्क्रीन सिनेमा को बूस्ट अप मिलेगा।
दिवंगत फिल्म निर्माता और पूर्व सीबीएफसी चीफ पहलाज निहलानी की प्रेयर मीट शनिवार को मुंबई के जुहू स्थित इस्कॉन मंदिर में आयोजित की गई। शाम 5 बजे से 7 बजे तक हुई इस प्रार्थना सभा में बॉलीवुड की कई हस्तियां शामिल हुईं और उन्हें श्रद्धांजलि दी। प्रेयर मीट में अनिल कपूर, शत्रुघ्न सिन्हा, डेविड धवन, गोविंदा, चंकी पांडे, शक्ति कपूर समेत फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े कई कलाकार पहुंचे। सभी ने निहलानी परिवार से मुलाकात कर संवेदनाएं व्यक्त कीं और दिवंगत निर्माता को याद किया। पहलाज निहलानी का 4 जून को 76 वर्ष की उम्र में निधन हो गया था। वे लंबे समय से लिवर संबंधी बीमारी से जूझ रहे थे। उनके निधन की खबर से हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में शोक की लहर दौड़ गई थी। पहलाज निहलानी ने ‘आंखें’, ‘शोला और शबनम’, ‘इल्जाम’ और ‘अंदाज’ जैसी कई सफल फिल्मों का निर्माण किया था। गोविंदा और डेविड धवन के साथ उनकी जोड़ी ने 90 के दशक में कई हिट फिल्में दीं। फिल्म निर्माण के अलावा वे 2015 से 2017 तक केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) के अध्यक्ष भी रहे थे। पहलाज निहलानी का करियर पहलाज निहलानी ने 1982 में बतौर प्रोड्यूसर पहली फिल्म हथकड़ी बनाई और यहीं से उनके फिल्मी सफर की शुरुआत हुई। इसके बाद 1985 में उनकी दूसरी फिल्म आंधी-तूफान रिलीज हुई, जिसने उन्हें बॉलीवुड में एक निर्माता के रूप में पहचान दिलाई। साल 1986 में उन्होंने फिल्म इल्जाम बनाई, जिससे गोविंदा को पहला बड़ा ब्रेक मिला। फिल्म हिट रही और गोविंदा को देशभर में पहचान मिली। 1987 में आई आग ही आग के जरिए चंकी पांडे ने बॉलीवुड में कदम रखा। इसी साल निहलानी ने फिल्म गुनाहों का फैसला भी बनाई। 1990 के दशक में पहलाज निहलानी ने शोला और शबनम और आंखें जैसी सुपरहिट फिल्मों का निर्माण किया। आंखें उस दौर की ब्लॉकबस्टर फिल्मों में से एक साबित हुई। गोविंदा को दिया था करियर का पहला बड़ा ब्रेक गोविंदा ने पहलाज निहलानी के साथ आंखें, शोला और शबनम जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्मों में काम किया। कुछ समय पहले ही उन्होंने लर्न फ्रॉम द लीजेंड के पॉडकास्ट में गोविंदा पर कहा था, ‘फिल्म आंधी तूफान के बाद मैं मिथुन चक्रवर्ती और शत्रुघ्न के साथ एक फिल्म बनाना चाहता था, लेकिन उस समय मिथुन और शत्रुघ्न 4-4 शिफ्ट करते थे। इस वजह से हमारी नहीं बनी। फिर रीक्कू राकेश, गोविंदा को मेरे पास लेकर आए। फोटोग्राफ भी लेकर आए, लेकिन मुझे पसंद नहीं आए। उसका लुक पसंद नहीं आया।’ चंकी पांडे, पहलाज निहलानी, गोविंदा और डेविड धवन की पुरानी तस्वीर 'अगले दिन वो मेरे पास वीडियो कैसेट लेकर आया, जिसमें उसके डांस थे। उस समय ब्रेक डांस माइकल जैक्सन की वजह से पॉपुलर थे। उसने मुझे कैसेट दिखाया, तो मैंने पूछा क्या-क्या आता है। मुझे उसका चेहरा पसंद नहीं था, लेकिन उसका डांस और एक्शन पसंद आया। मेरी स्टोरी पूरी एक्शन थी। मैं लंदन जा रहा था, तो मैं उससे कहकर गया कि तुम अपनी तैयारी करो। लंदन में छुट्टियों के समय मैंने कहानी पूरी की। फिर मैंने उसमें डांस डाला। आज की डेट में उसके जितना टैलेंटेड कोई एक्टर नहीं है। उस समय वो एडवोकेट के रोल में, इंसपेक्टर के रोल में फिट नहीं होता था, हाइट की वजह से। लेकिन अब वो स्टार हो गया, स्टार से तो कुछ भी करवा लो।' गोविंदा और पहलाज निहलानी ने कुल चार फिल्मों में साथ काम किया। इनमें इल्जाम, शोला और शबनम, आंखें और रंगीला राजा शामिल हैं। काम नहीं था, तो गोविंदा को दी शोला और शबनम उसी पॉडकास्ट में पहलाज ने कहा, 'गोविंदा के पास काम नहीं था, तब शोला और शबनम हमने शुरू की तो उससे पहली बार कॉमेडी रोल करवाया। फिर जब काम नहीं था उसके बाद तब फिल्म आंखें करवाई। दोनों फिल्मों में एकदम अलग रोल था।’ पहलाज निहलानी ने कहा था- गोविंदा इनसिक्योर है जब पहलाज निहलानी से पूछा गया कि क्या गोविंदा के नेगेटिव एटीट्यूड की वजह से कई प्रोड्यूसर और डायरेक्टर उनके साथ काम नहीं करना चाहते थे, तो इसके जवाब में उन्होंने कहा, ‘जब सक्सेस मिलती है, तो आदमी हर दर्द सह लेता है, लेकिन जब सक्सेस की सीढ़ी से नीचे उतरते हैं तो तकलीफ होती है। गोविंदा में वो प्रॉब्लम शुरू से थी, क्योंकि वो खुद को इनसिक्योर मानता था।' 'उसके पिता महबूब खान के बहुत बड़े हीरो रहे हैं। बड़ी-बड़ी पिक्चरें की, अच्छे प्रोड्यूसर भी रहे, नुकसान हुआ। इसके बाद उसने इतना दर्द सहा, बहुत सारी चीजें उसके हाथ से निकल गईं, स्ट्रगल करना पड़ा। वो सारी चीजें उसके अंदर थीं। वो इनसिक्योरिटी रहती है। उसे था कि कहीं से पैसे आ जाएं। उसके पास भाई-बहन की जिम्मेदारियां थीं। वो पैसे में उलझा रहता था, उसे करना भी सब था।’ 'इस वजह से उसका एटीट्यूड ऐसा हो गया था। जब काम और प्रेशर बहुत हो जाता है, तो आप छोड़ नहीं सके, तो चीजें बढ़ गईं। फिर आदत बन गई, वहमी हो गया। जब नहीं चलता आदमी तो सब उसे डैमेज करते हैं, वर्ना गोविंदा जैसा हीरो ढूंढने पर नहीं मिलेगा।' दिव्या भारती को चोट लगी, तो रोक दी थी शूटिंग पहलाज निहलानी ने दिव्या भारती के साथ फिल्म शोला और शबनम की थी। एक इंटरव्यू में उन्होंने दिव्या भारती के डेडिकेशन से जुड़ा किस्सा शेयर किया और बताया कि कैसे उन्हें दिव्या भारती की चोट के चलते एक्ट्रेस के इनकार के बावजूद शूटिंग रोकनी पड़ी थी। पहलाज निहलानी ने कहा था, 'शोला और शबनम' के दौरान हम 20 घंटे शूटिंग करते थे। हम सुबह से शूटिंग शुरू करते थे और उसके बाद बैक टू बैक सीन, फिर डांस और फिर दूसरे सीन शूट होते थे। एक दिन मुझे याद है हम ऊटी में शूट कर रहे थे और दिव्या का पैर एक कील पर पड़ गया। उन्होंने किसी को कुछ नहीं बताया।' ‘मैं मॉनिटर के पास खड़ा था जब दिव्या शूट के लिए वापस आईं। उन्होंने किसी को पता नहीं चलने दिया कि उन्हें चोट लगी है। मैं भी नहीं समझ पाया फिर उन्होंने मुझसे रुमाल मांगा और अपने पैर में हुए जख्म पर बांध लिया। मैंने उनसे पूछा कि क्या हुआ तो वो कुछ नहीं बोलीं लेकिन मैंने उनके पैर से खून बहता देखा तो फिर तुरंत पैक अप करवा दिया।’ पहलाज निहलानी ने दिव्या भारती को फिल्म 'शोला और शबनम' (1992) में गोविंदा के साथ मुख्य अभिनेत्री के रूप में कास्ट किया था। इनकार के बावजूद जबरदस्ती सेट पर पहुंची थीं दिव्या भारती आगे उन्होंने कहा था, 'पैकअप के बावजूद वो शूटिंग करने पर अड़ी रहीं, उनके चेहरे पर कोई शिकन नहीं थी। मैंने फाइनल पैक अप किया और प्रोडक्शन वालों को इन्फॉर्म कर दिया कि अगले दिन शूटिंग नहीं होगी लेकिन दिव्या नहीं मानीं। मैंने उनकी मां को कह दिया था कि अगले दिन दिव्या को शूटिंग पर ना भेजें ताकि वो रेस्ट कर सकें। लेकिन सुबह छह बजे, दिव्या सेट पर आ गईं और हाउस-कीपिंग से चाबी लेकर मेरे पास पहुंचीं और कहा, 'चलो उठो, आप अब तक सो क्यों रहे हो'? वो अपनी वजह से शूट कैंसिल नहीं करना चाहती थीं और फिर वो शूटिंग करके ही मानीं। उनके साथ मेरी कई बेहतरीन यादें हैं।' रीटेक से झल्ला उठे धर्मेंद्र, पहलाज से कहा था- क्या मैं न्यूकमर हूं 1987 की धर्मेंद्र स्टारर फिल्म आग ही आग को पहलाज निहलानी ने प्रोड्यूस किया था, जबकि इसके डायरेक्टर शिबू मित्रा थे। शूटिंग के दौरान धर्मेंद्र को एक सीन के लिए 15 रीटेक देने पड़े, जिससे वो चिढ़ गए और डायरेक्टर को खूब खरी खोटी सुनाई। इस फिल्म में उनके साथ शत्रुघ्न सिन्हा, नीलम कोठारी, चंकी पांडे और गुलशन ग्रोवर समेत कई एक्टर नजर आए थे। डायरेक्टर को सुनाने के बाद धर्मेंद्र ने सेट पर सबके सामने गुस्से में पहलाज निहलानी से कहा था- ‘पहलाज, क्या मैं कोई न्यूकमर हूं, जो मुझसे टेक पर टेक करवा रहे हो।’ पहलाज निहलानी और धर्मेंद्र की पुरानी तस्वीर। 2015-17 तक CBFC के चीफ रहे, कई आरोप लगे पहलाज निहलानी 2015 से 2017 तक केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) के चीफ रहे हैं। कई लोगों ने उन पर फिल्मों से हिंसक और इंटिमेट सीन बेवजह छोटे करने के आरोप लगाए थे और इसके चलते उनका कार्यकाल विवादित रहा था। जेम्स बॉन्ड सीरीज की फिल्म 'स्पेक्टर' से किसिंग सीन को छोटा कराने पर उनकी आलोचना हुई थी। निहलानी ने शाहिद कपूर स्टार 'उड़ता पंजाब' में कथित तौर पर 69 कट लगाने के लिए कहा था, जो काफी चर्चा में रहा था। बाद में बॉम्बे हाईकोर्ट ने CBFC के फैसले को गलत बताया और फिल्म सिर्फ एक कट के साथ रिलीज हुई थी। 2017 में सरकार ने उन्हें हटाकर गीतकार प्रसून जोशी को CBFC का नया चेयरमैन बनाया था। मूवी टिकट पर GST लगने पर कहा- इंडस्ट्री बुरे दौर से गुजर रही है वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 2 साल पहले मूवी टिकट पर 12-18 प्रतिशत GST लगाया था। इस पर दैनिक भास्कर से बातचीत में पहलाज निहलानी ने कहा था, बहुत से देशों में एंटरटेनमेंट पर टैक्स नहीं है इसलिए GST को इंडिया में भी एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री से पूरी तरह हटाना चाहिए। सरकार को ये सोचना चाहिए कि अपने कल्चर और भाषा को बचाने के लिए ज्यादा से ज्यादा फिल्में बनाने की कोशिशों को बढ़ावा दिया जाए। मौजूदा समय में जिस तरह का बिजनेस आ रहा है, उसकी वजह से अच्छे विषयों पर फिल्में नहीं बन पा रही हैं और पैसे कमाने के लिए हल्के विषयों और वल्गर कंटेंट पर फिल्में बनने की मजबूरी हो गई है। निहलानी ने आगे कहा था, फिल्में कॉमन मैन के लिए बनती हैं। छोटे से छोटा मजदूर भी जो है पिक्चर देखता है अगर जो फिल्म टिकट सस्ती हो जाए और इस पर टैक्स न लगे तो इससे सिंगल स्क्रीन सिनेमा को बूस्ट अप मिलेगा।
टेलीविजन एक्ट्रेस शिल्पा शिंदे के एक हालिया खुलासे पर ऑल इंडिया सिने वर्कर्स एसोसिएशन (AICWA) ने कड़ी आपत्ति जताई है। शिल्पा ने कॉमेडियन भारती सिंह और हर्ष लिंबाचिया के पॉडकास्ट में माना था कि उन्होंने टीवी शो 'भाभीजी घर पर हैं' के प्रोड्यूसर पर सेक्सुअल हैरेसमेंट (यौन उत्पीड़न) के झूठे आरोप लगाए थे। इस बयान के बाद एसोसिएशन ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से इस मामले में हस्तक्षेप कर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। वहीं, सोशल मीडिया पर हो रही आलोचना के बीच शिल्पा ने एक वीडियो शेयर कर आलोचकों को जवाब दिया है। झूठे आरोपों से असली पीड़ितों को नुकसानऑल इंडिया सिने वर्कर्स एसोसिएशन (AICWA) ने एक आधिकारिक बयान जारी कर शिल्पा शिंदे के इस कबूलनामे पर गहरी निराशा जताई है। एसोसिएशन का कहना है कि ऐसे कदमों के गंभीर परिणाम हो सकते हैं। एसोसिएशन ने कहा कि यौन उत्पीड़न के झूठे आरोपों से किसी भी व्यक्ति के सम्मान, परिवार, बच्चों, करियर और मानसिक स्थिति को कभी न ठीक होने वाला नुकसान पहुंचता है। इससे समाज में उस व्यक्ति की छवि हमेशा के लिए खराब हो जाती है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से दखल की मांगएसोसिएशन ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से इस पूरे मामले की निष्पक्ष और गहन जांच कराने की अपील की है। AICWA के मुताबिक, अगर यह साबित होता है कि किसी ने जानबूझकर झूठे आरोप लगाए हैं, तो कानून के तहत सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। एसोसिएशन ने कहा कि जब कोई जानबूझकर ऐसे झूठे केस करता है, तो इससे उन असली पीड़ितों की विश्वसनीयता पर भी सवाल उठने लगते हैं जो न्याय की उम्मीद में आगे आते हैं। इससे बॉलीवुड और फिल्म इंडस्ट्री में प्रताड़ना झेलने वाले असली लोगों को अपनी बात रखने में मुश्किल होगी। 'जो उखाड़ना है उखाड़ लो'सोशल मीडिया पर लगातार हो रही आलोचना के बीच शिल्पा शिंदे ने इंस्टाग्राम पर एक नया वीडियो पोस्ट कर अपना बचाव किया है। उन्होंने अपनी तस्वीरों और वीडियो के साथ एक रील शेयर की, जिस पर लिखा था, एक महिला बनो, हमेशा यह कहने के लिए तैयार रहो कि जो उखाड़ना है उखाड़ लो। इसके कैप्शन में उन्होंने लिखा कि जलने वाले जलते रहें। एक अन्य पोस्ट में शिल्पा ने कहा कि जिंदगी में सब कुछ साफ-साफ बोलने के चक्कर में आधे लोग वैसे ही साफ हो गए हैं। 2016 में मेकर्स पर लगाए थे संगीन आरोप शिल्पा शिंदे ने 2015 में टीवी शो भाभीजी घर पर हैं में अंगूरी भाभी का किरदार निभाया था। एक साल बाद शिल्पा ने मेकर्स और प्रोड्यूसर के खिलाफ कई संगीन आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज करवाई और शो छोड़ दिया। शिल्पा शिंदे ने हाल ही में पॉडकास्ट के दौरान कहा था, यह बात कोई नहीं जानता। मैं अब सच बोलने से नहीं डरती। मैंने अपने प्रोड्यूसर के खिलाफ सेक्सुअल हैरेसमेंट का केस दर्ज कराया था क्योंकि मेरे पास कोई दूसरा रास्ता नहीं बचा था। कांट्रैक्ट के विवाद को सुलझाने के लिए मैंने ऐसा किया और बाद में सेटलमेंट करके मैं उस स्थिति से बाहर आ गई। शिल्पा ने आगे दावा किया कि वे खुद लॉ बैकग्राउंड से आती हैं और पुलिस का कहना था कि अगर एफआईआर दर्ज करानी है, तो गंभीर आरोप लिखने ही होंगे।
निर्देशक इम्तियाज अली की आगामी फिल्म 'मैं वापस आऊंगा' इन दिनों जबरदस्त सुर्खियों में है। फिल्म को लेकर दर्शकों के बीच उत्सुकता लगातार बढ़ती जा रही है, लेकिन रिलीज से पहले फिल्म की टीम एक ऐसा ऐतिहासिक कदम उठाने जा रही है जो सिनेमा के दायरे से कहीं ...
रेडियो एनाउंसर से सुपरस्टार तक, जानिए सुनील दत्त की संघर्ष भरी कहानी
बॉलीवुड में अपने दमदार अभिनय से दर्शकों के बीच विशिष्ट पहचान बनाने वाले सुनील दत्त ने अपने करियर के शुरूआत दौर में रेडियो सिलोन में एनाउंसर के तौर पर काम किया, जहां उन्हें प्रत्येक साक्षात्कार के लिए 25 रुपए मिला करते थे। सुनील दत्त का जन्म 6 जून ...
एक्ट्रेस प्रिया बापट ने हाल ही में बताया कि अपनी शुरुआती फिल्मों में से एक की शूटिंग के दौरान किसिंग सीन में वह अनकंफर्टेबल हो गई थीं। फिल्मफेयर को दिए इंटरव्यू में प्रिया ने कहा, ‘फिल्म में सिर्फ एक किसिंग सीन था। स्क्रिप्ट रीडिंग के समय से ही मुझे उसे लेकर डाउट था। मैं लगातार डायरेक्टर से पूछती थी कि इसकी जरूरत क्या है। मेरा सवाल किस करने या न करने को लेकर नहीं था, बल्कि यह था कि कहानी में इसे कैसे सही ठहराया जा रहा है।’ उन्होंने आगे कहा, ‘डायरेक्टर इस सीन को लेकर काफी जोर दे रहे थे। आखिर में मैंने सोचा कि अपनी झिझक तोड़नी चाहिए और सीन कर लिया। मैंने पूरी फिल्म में सिर्फ एक किस के लिए हामी भरी थी।’ को-स्टार किस करता रहा प्रिया ने कहा, ‘इसके बाद गाने की शूटिंग के दौरान एक्टर बार-बार इम्प्रोवाइज करने लगा और मुझे किस करता रहा। उस समय मैं अपने लिए आवाज नहीं उठा पाई, क्योंकि मुझे समझ नहीं आ रहा था कि इस स्थिति से कैसे निपटूं।’ उन्होंने बताया, ‘हम एक ही होटल में ठहरे थे, हालांकि कमरे अलग थे, लेकिन वह लगातार मैसेज करता था। कभी स्विमिंग सिखाने की बात करता, कभी डिनर और ब्रेकफास्ट के लिए बुलाता। मैं बार-बार मना करती रही। मेरे साथ पहले कभी ऐसा नहीं हुआ था।’ प्रिया ने बताया कि वह हर रात अपने पति उमेश कामत से बात कर पूरी स्थिति शेयर करती थीं। बाद में उनके पति शूटिंग लोकेशन पर पहुंचे और कुछ दिनों तक उनके साथ रहे। एक्ट्रेस ने कहा कि उनके करियर में यह इकलौता ऐसा अनुभव था। 'मुन्नाभाई MBBS’ में नजर आई थीं प्रिया प्रिया बापट मराठी सिनेमा और ओटीटी की जानी-मानी एक्ट्रेस हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत बाल कलाकार के रूप में की थी। वो ‘डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर’ और ‘मुन्नाभाई MBBS’ जैसी फिल्मों में नजर आईं। मराठी फिल्म ‘मी शिवाजीराजे भोसले बोलतोय!’ से उन्हें पहचान मिली। उन्होंने 2011 में एक्टर उमेश कामत से शादी की थी। एक्ट्रेस को दो महाराष्ट्र राज्य फिल्म पुरस्कार समेत कई सम्मान मिल चुके हैं। इसके अलावा उन्हें फिल्मफेयर मराठी और अन्य प्रतिष्ठित पुरस्कार समारोहों में भी कई बार नॉमिनेशन मिला है।
पेपर लीक और परीक्षाओं में गड़बड़ी के खिलाफ दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का शांतिपूर्ण विरोध-प्रदर्शन 6 जून को शुरू हो गया है। CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके की अपील पर बड़ी संख्या में छात्र इस आंदोलन में शामिल हुए हैं। इस प्रदर्शन को बॉलीवुड से भी समर्थन मिला है। एक्टर अतुल कुलकर्णी ने युवाओं से अपनी पीढ़ी की गलतियों के लिए माफी मांगी है, वहीं ऋचा चड्ढा, कुनिका सदानंद, प्रकाश राज और सोनम वांगचुक ने भी छात्रों की इस मुहिम का समर्थन किया है। ऋचा चड्ढा बोलीं- मैं आपके साथ बॉलीवुड एक्ट्रेस ऋचा चड्ढा ने अपने सोशल मीडिया हैंडल से पोस्ट कर कॉकरोच जनता पार्टी को खुलकर सपोर्ट किया है। एक्ट्रेस ने लिखा, 'मैं अभी खूबसूरत ऑकलैंड में हूं, जहां शायद दुनिया की सबसे साफ हवा है। लेकिन मेरा मन दिल्ली में है। मेरी प्यारी दिल्ली-मेरे बचपन, मेरे स्कूल और कॉलेज का शहर... जहां बड़े-बड़े पार्क और पुराने, अच्छे पेड़ हैं। मैं अपने देश के युवाओं को प्यार भेजता हूं। उम्मीद है कि आप दिखावटी देशभक्त बनने के बजाय सच्चे देशभक्त बनेंगे। आप दयालु, शांत और समझदार बनें। मैं दिल से आपके साथ हूं। अतुल कुलकर्णी ने युवाओं से मांगी माफीअभिनेता अतुल कुलकर्णी ने भी सोशल मीडिया के जरिए युवाओं के इस प्रदर्शन का समर्थन किया। उन्होंने युवाओं से माफी मांगते हुए लिखा कि उनकी पीढ़ी और उससे पहले के लोगों ने अपनी जिम्मेदारियां सही से नहीं निभाईं। उन्होंने गलतियां कीं और युवाओं के लिए चुनौतियों का अंबार छोड़ दिया, जिसका सामना अब आज की पीढ़ी को करना पड़ रहा है। अतुल ने युवाओं से कहा कि वे पूरी उम्मीदों के साथ खड़े हैं और सत्यनिष्ठा के साथ इस देश का पुनर्निर्माण करें। कुनिका ने कहा- जागरूक नागरिकों से चलेगा देशएक्ट्रेस कुनिका सदानंद ने अपने एक्स अकाउंट पर पोस्ट लिखकर इस आंदोलन का समर्थन किया। उन्होंने लिखा कि लोकतंत्र किसी एक पार्टी, नेता, विचारधारा या धर्म का नहीं होता। यह उन नागरिकों का है जो स्वतंत्र रूप से सोचते हैं और निडर होकर सवाल पूछते हैं। कुनिका ने कहा कि लोकतंत्र बिना सोचे-समझे वफादारी दिखाने से नहीं, बल्कि जागरूकता और जवाबदेही से मजबूत होता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि असल बदलाव भाषणों से नहीं, बल्कि काम और नतीजों से तय होता है। जब आवाज नहीं सुनी जाती, तो ऐसे तरीके जरूरीकुनिका ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो भी शेयर किया है। वीडियो में उन्होंने कहा कि कॉकरोच जनता पार्टी ने उन मुद्दों को उठाया है, जिनकी कोई सुनवाई नहीं हो रही थी। जब लोगों की आवाज नहीं सुनी जाती, तो अपनी बात पहुंचाने के लिए ऐसे तरीके अपनाने पड़ते हैं ताकि सोए हुए सिस्टम तक बात पहुंचे। उन्होंने कहा कि उन्हें गर्व है कि छात्र बाहर निकलकर इसका समर्थन कर रहे हैं। इस मुहिम ने लोगों के अंदर आवाज उठाने की हिम्मत दी है। कुनिका ने जनता से सवाल भी पूछा कि क्या पूरे सिस्टम को बदलना जरूरी है या सिर्फ लीडरशिप बदलने से काम हो जाएगा। प्रकाश राज और सोनम वांगचुक भी आंदोलन के साथइस आंदोलन को सोशल एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक और एक्टर प्रकाश राज का भी साथ मिला है। सोनम वांगचुक ने पहले ही एक वीडियो जारी कर कहा था कि अगर 5 जून तक शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा नहीं दिया, तो वे भी इस प्रदर्शन का हिस्सा बनेंगे। पेपर लीक के बढ़ते मामलों को लेकर युवाओं में भारी नाराजगी है, जिसके बाद CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके ने देश के सभी युवाओं से इस शांतिपूर्ण आंदोलन में शामिल होने की अपील की थी।
'कॉकरोच जनता पार्टी' को मिला सेलेब्स का साथ, ऋचा चड्ढा बोलीं- डायनासोर मिट गए पर 'कॉकरोच' जिंदा हैं
देश की राजधानी दिल्ली का जंतर-मंतर आज छात्र और युवा आंदोलन का गवाह बना, जिसकी कल्पना शायद किसी ने नहीं की थी। सोशल मीडिया के मीम पेजों से शुरू हुई 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) आज असलियत में सड़कों पर उतर आई। संगठन के संस्थापक अभिजीत दीपके के नेतृत्व ...
पुलकित सम्राट ने पूरी की नई फिल्म की शूटिंग, टिप्स फिल्म्स संग बड़ा प्रोजेक्ट अंतिम चरण में
बॉलीवुड एक्टर पुलकित सम्राट ने निर्देशिका स्नेहा तौरानी द्वारा निर्देशित और रमेश तौरानी की टिप्स फिल्म्स के बैनर तले बन रही अपनी आगामी फिल्म की शूटिंग पूरी कर ली है। हालांकि फिल्म की आधिकारिक घोषणा का अभी इंतजार है, लेकिन सूत्रों के अनुसार फिल्म की ...
फिल्म पेड्डी में एक्ट्रेस जाह्नवी कपूर के किरदार ‘अचियम्मा’ को लेकर उठे विवाद के बीच डायरेक्टर बुची बाबू सना ने पब्लिकली माफी मांगी है। सोशल मीडिया पर दर्शकों ने फिल्म में महिला किरदार के प्रेजेंटेशन पर आपत्ति जताई थी, जिसके बाद डायरेक्टर ने रिएक्शन देते हुए महिलाओं के सम्मान की बात कही और विवादित सीन्स में बदलाव की बात कही। डायरेक्टर बुची बाबू सना ने अपने आधिकारिक X अकाउंट पर एक बयान जारी कर लिखा, एक फिल्ममेकर के तौर पर, मेरा मानना है कि सिनेमा को लोगों का मनोरंजन करना चाहिए, उन्हें प्रेरित करना चाहिए और उनसे जुड़ना चाहिए। इसका मकसद कभी भी किसी को असहज महसूस कराना या उनका अपमान करना नहीं होना चाहिए। हमने पेड्डी के कुछ सीन पर आए रिएक्शन को गंभीरता से लिया है। महिलाओं के सम्मान की बात करते हुए बाबू ने लिखा, मैं हमेशा महिलाओं का सम्मान करता आया हूं, चाहे वह पर्दे पर हों या असल जिंदगी में। हमारा इरादा कभी भी किसी महिला किरदार को गलत तरीके से दिखाने या उसका अपमान करने का नहीं था। लेकिन अगर फिल्म का कोई हिस्सा लोगों को ऐसा महसूस कराता है, तो हम उनकी भावनाओं का सम्मान करते हैं, उनकी चिंताओं को समझते हैं और इसके लिए दिल से माफी मांगते हैं। सीन में बदलाव की बात करते हुए उन्होंने लिखा, मिली प्रतिक्रियाओं की समीक्षा करने के बाद हमने फिल्म के उन हिस्सों में बदलाव करने का फैसला किया है जिन पर आपत्ति जताई गई है। सिनेमा और दर्शकों का रिश्ता बहुत खास होता है। एक कहानीकार के तौर पर हमारी जिम्मेदारी है कि हम समय के साथ बदलती सोच और संवेदनशीलताओं का ध्यान रखें। अपने बयान के अंत में फिल्ममेकर ने लिखा, हर महिला सम्मान, गरिमा और सही रिप्रेजेंटेशन की हकदार है। हम आगे भी ऐसी कहानियां सुनाने के लिए कमिटेड हैं जो मजबूत किरदारों को सामने लाएं और इन वैल्यूज को बनाए रखें। अपनी राय ईमानदारी से शेयर करने वाले सभी लोगों का धन्यवाद। किरदार को जरूरत से ज्यादा बोल्ड बताया दरअसल, फिल्म पेड्डी की रिलीज के बाद सोशल मीडिया पर जाह्नवी कपूर के किरदार ‘अचियम्मा’ को लेकर कुछ लोगों का कहना है कि किरदार को कहानी की जरूरत के बजाय दर्शकों को आकर्षित करने के उद्देश्य से अधिक बोल्ड तरीके से प्रस्तुत किया गया है। इसके चलते फिल्म मेकर्स की ऑनलाइन आलोचना होने लगी। हालांकि, पूरे विवाद पर अभी तक जाह्नवी कपूर की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। अभिनेत्री ने मामले पर पब्लिकली कोई बयान नहीं दिया है। दुनियाभर में 150.49 करोड़ की कमाई हुई पेड्डी एक स्पोर्ट्स ड्रामा फिल्म है, जो खेल के माध्यम से अपनी पहचान तलाशने वाले एक व्यक्ति की कहानी पर आधारित है। फिल्म को बुच्ची बाबू सना ने लिखा और डायरेक्ट किया है। फिल्म में राम चरण, जाह्नवी कपूर, शिव राजकुमार, दिव्येंदु और जगपति बाबू प्रमुख भूमिकाओं में हैं। पेड्डी 4 जून को सिनेमाघरों में रिलीज हुई। सैकनिल्क के अनुसार, फिल्म ने रिलीज के दूसरे दिन भारत में 26.90 करोड़ रुपए का नेट कलेक्शन किया। इसके साथ ही फिल्म का कुल इंडिया नेट कलेक्शन 96.40 करोड़ रुपए पहुंच गया है। वहीं, भारत में फिल्म का कुल ग्रॉस कलेक्शन 114.49 करोड़ रुपए हो चुका है। ओवरसीज मार्केट में भी ‘पेड्डी’ को अच्छा रिस्पॉन्स मिल रहा है। दूसरे दिन फिल्म ने विदेशों में 8 करोड़ रुपए का ग्रॉस कलेक्शन किया। इसके बाद फिल्म का कुल ओवरसीज ग्रॉस कलेक्शन 36 करोड़ रुपए हो गया है। दुनियाभर में ‘पेड्डी’ की कमाई 150.49 करोड़ रुपए तक पहुंच चुकी है। ये खबर भी पढ़ें… राम चरण से मिलकर रो पड़ा फैन: स्टेज पर एक्टर की तरफ भागा था, घबरा गई थीं जाह्नवी कपूर; बॉडीगार्ड ने उठाकर बाहर निकाला था फिल्म 'पेद्दी' के प्रमोशन इवेंट का एक वीडियो सामने आया था, जिसमें राम चरण जैसा दिखने वाला एक फैन सुरक्षा घेरा तोड़कर स्टेज की तरफ दौड़ पड़ा था। हालांकि, सुरक्षा कर्मियों ने उसे तुरंत रोक लिया था। पूरी खबर पढ़ें
'वाराणसी' में दिखेगा महायुद्ध, भगवान राम और कुंभकर्ण के बीच होगा 30 मिनट का ऐतिहासिक टकराव!
दिग्गज निर्देशक एसएस राजामौली जब भी कोई नया प्रोजेक्ट लाते हैं, तो वह सिर्फ एक फिल्म नहीं बल्कि एक ऐतिहासिक उत्सव बन जाता है। 'बाहुबली' और 'आरआरआर' जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्में देने के बाद, राजामौली अब सुपरस्टार महेश बाबू के साथ अपनी अगली महात्वाकांक्षी ...
साउथ सुपरस्टार राम चरण और जाह्नवी कपूर की हालिया रिलीज फिल्म 'पेड्डी' को बॉक्स ऑफिस पर जबरदस्त रिस्पॉन्स मिल रहा है। फिल्म ने महज दो दिनों में दुनिया भर में 150 करोड़ रुपये से अधिक की ग्रॉस कमाई करके बॉक्स ऑफिस पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली है।
अक्षय कुमार ने अपनी फिल्म ‘वेलकम टू द जंगल’ के सेट से एक बिहाइंड द सीन्स (BTS) वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किया है। वीडियो में उनके को-आर्टिस्ट राजपाल यादव नजर आ रहे हैं। वीडियो में राजपाल यादव एक बाड़ के पास खड़े दिखाई देते हैं। तभी अक्षय कुमार उनके पीछे एक घोड़ा लेकर पहुंच जाते हैं। घोड़ा राजपाल यादव की पहनी हुई विग को कुतरने लगता है, जिससे वह अचानक घबरा जाते हैं। अचानक हुई इस घटना से राजपाल यादव डरकर चिल्ला उठते हैं। इसके बाद अक्षय कुमार और राजपाल यादव दोनों जोर-जोर से हंसने लगते हैं। वीडियो शेयर करते हुए अक्षय कुमार ने लिखा, “राजपाल यादव को अपनी ‘हॉर्सपावर’ दिखाने में बड़ा मजा आया। ‘वेलकम टू द जंगल’ आपकी कल्पना से भी ज्यादा जंगली है। 26 जून 2026 को सिनेमाघरों में मिलते हैं।” वेलकम टू द जंगल के बारे में फिल्म का डायरेक्शन अहमद खान ने किया है। फिल्म में अक्षय कुमार के साथ सुनील शेट्टी, जैकी श्रॉफ, रवीना टंडन, दिशा पाटनी, जैकलीन फर्नांडिस, अरशद वारसी, परेश रावल, राजपाल यादव, जॉनी लीवर, आफताब शिवदासानी, लारा दत्ता, श्रेयस तलपड़े, तुषार कपूर, दलेर मेहंदी, फरीदा जलाल, कृष्णा अभिषेक, कीकू शारदा समेत कई कलाकार अहम भूमिकाओं में नजर आएंगे। फिल्म का प्रोडक्शन फिरोज ए. नाडियाडवाला ने बेस इंडस्ट्रीज ग्रुप के बैनर तले किया है। यह लोकप्रिय ‘वेलकम’ फ्रेंचाइजी की फिल्म है। ‘वेलकम टू द जंगल’ 26 जून 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। फिल्म में भोजपुरी एक्ट्रेस अक्षरा सिंह और अक्षय कुमार का गाना भी है। गाने के बोल भोजपुरी में हैं। गाने में अक्षय कुमार भोजपुरी एक्टर के अवतार में नजर आ रहे हैं। शूटिंग की लोकेशन भी देहाती है। गाना साबुन के साथ फिल्माया गया है। इसके बोल ‘घिस-घिस’ हैं। ‘वेलकम टू द जंगल’ से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… फ्लॉप का डर, अक्षय कुमार ने लिया भोजपुरी का सहारा:वल्गर लिरिक्स वाले गाने के बोल- रगड़के नहला देब साबुन से, ऐसे ही गाने से फंसे नोरा-संजय फिल्म ‘वेलकम टू द जंगल’ का गाना ‘घिस घिस घिस’ रिलीज हुआ है, जिसमें अक्षरा सिंह और अक्षय कुमार वल्गर और डबल मीनिंग लिरिक्स पर थिरकते दिखे। पूरी खबर यहां पढ़ें…
'ऑफिस-ऑफिस' के नए सीजन में मुसद्दी लाल की बेटी 'अनोखी' का किरदार निभा रहीं एक्ट्रेस श्रुति शर्मा ने अपने संघर्ष, करियर और निजी जिंदगी से जुड़े कई किस्से साझा किए। प्रतापगढ़ से मुंबई तक का सफर तय करने वाली श्रुति ने दैनिक भास्कर से बातचीत में बताया कि कैसे वह कास्टिंग फ्रॉड का शिकार हुईं, पांच बार रिजेक्ट होने के बाद पहला बड़ा मौका मिला और परिवार के भरोसे इंडस्ट्री में अपनी पहचान बनाई। उन्होंने 'हीरामंडी', संजय लीला भंसाली, टीवी इंडस्ट्री के संघर्ष और अपने उसूलों पर भी बात की। सवाल: 'ऑफिस-ऑफिस' के नए सीजन का हिस्सा बनने की खबर मिलने पर कैसा लगा? जवाब: सच कहूं तो पहले मुझे यकीन नहीं हुआ। 25 साल बाद अगर कोई कहे कि 'ऑफिस-ऑफिस' का नया सीजन बन रहा है, तो मजाक लगता है। लेकिन दोबारा कॉल और मीटिंग के बाद एहसास हुआ कि यह सच में हो रहा है। शुरुआत में मैं काफी नर्वस थी। लग रहा था कि लोग नए शो की तुलना पुराने 'ऑफिस-ऑफिस' से करेंगे। यह बड़ा चैलेंज था। लेकिन निर्देशक राजन सर और पूरी कास्ट के साथ स्क्रिप्ट रीडिंग के बाद भरोसा मिला। हमें लगा कि हम अच्छा काम कर पाएंगे। सवाल: 'ऑफिस-ऑफिस' के सेट पर पहला दिन कैसा था? जवाब: पहले दिन सभी कलाकार उत्साहित थे। शूटिंग शुरू होने से पहले पूजा भी हुई थी, जिसमें उमेश सर और उनका परिवार शामिल हुआ था। सबसे अच्छी बात यह थी कि निर्माताओं ने शुरुआत से ही सकारात्मक माहौल बनाया था। सेट पुराने 'ऑफिस-ऑफिस' जैसा तैयार किया गया था। पहले दिन मैं काफी घबराई हुई थी। मेरा पहला सीन भी पहले एपिसोड का था। आज भी वह सीन देखती हूं, तो चेहरे पर नर्वसनेस दिखाई देती है। सवाल: क्या पुराने 'ऑफिस-ऑफिस' के कलाकार भी नए सीजन में हैं? जवाब: नहीं, पुराने कलाकारों में से कोई भी इस शो का हिस्सा नहीं है। यह हमारे लिए अच्छा रहा। अगर उनके साथ स्क्रीन शेयर करनी पड़ती, तो हम और ज्यादा नर्वस हो जाते। हालांकि, हमारे किरदार पुराने किरदारों से जुड़े हैं। जैसे मैं मुसद्दी लाल की बेटी अनोखी बनी हूं। कोई किसी का भतीजा है, कोई किसी का जीजा या साला। लेकिन कहानी और स्क्रिप्ट पूरी तरह नई है। हमने पुराने शो की नकल नहीं की। सवाल: 'अनोखी' का किरदार कैसा है? जवाब: मुसद्दी लाल सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाकर परेशान लौटते थे। लेकिन उनकी बेटी अनोखी बिल्कुल अलग है। उसकी मां ने बचपन से बताया है कि उसके पिता बहादुर और जीतने वाले इंसान थे। इसलिए अनोखी को लगता है कि वह भी हर लड़ाई जीत सकती है। वह मुश्किलों का सामना करती है, कई बार फंसती है, लेकिन हार नहीं मानती। हर एपिसोड के अंत में वह अपना काम निकलवा लेती है और सामने वाले को सबक भी सिखाती है। चाहे उसे साम, दाम, दंड या भेद, कोई भी तरीका अपनाना पड़े। सवाल: अनोखी की कमजोरियां क्या हैं? जवाब: अनोखी कोई आदर्शवादी किरदार नहीं है। वह मानवीय है और उसमें कमियां भी हैं। अगर उसे लगता है कि किसी काम के लिए शॉर्टकट अपनाना पड़ेगा, तो वह पीछे नहीं हटती। कई बार वह पैसे देकर काम करवाने की कोशिश करती है और बाद में ठगी का शिकार हो जाती है। कई एपिसोड में वह दूसरों को चकमा भी देती है। यही बात उसके किरदार को दिलचस्प बनाती है। सवाल: क्या आपके साथ भी कभी कोई स्कैम हुआ है? जवाब: जी हां, मेरे साथ भी धोखाधड़ी हुई है। मुंबई आने की तैयारी के दौरान मुझे एक फोन आया। सामने वाले ने खुद को कास्टिंग डायरेक्टर बताया और कहा कि मुझे एक टीवी शो के लिए चुना गया है। उसने रजिस्ट्रेशन के नाम पर 10 से 15 हजार रुपए मांगे। उस समय मैं स्कूल में पढ़ाती थी और मेहनत से पैसे जमा कर रही थी। मैंने पैसे भेज दिए, लेकिन बाद में उसका फोन बंद हो गया और वह गायब हो गया। उस समय मैं बहुत रोई थी। मेरी तनख्वाह सिर्फ तीन हजार रुपए थी और मैंने मुश्किल से वह रकम जुटाई थी। सवाल: क्या आपने उसी समय तय कर लिया था कि एक्टिंग करनी है? जवाब: जी हां। मेरे पिता शुरू में इसके खिलाफ थे। उनका मानना था कि लड़कियों के लिए यह इंडस्ट्री सुरक्षित नहीं है। उन्हें मनाने में काफी समय लगा। मैंने 2016 में एक नाटक लिखा था। भाई के साथ उसकी कास्टिंग, रिहर्सल और मंचन किया। लोगों को वह नाटक पसंद आया। इसके बाद परिवार को भरोसा हुआ कि मैं अभिनय के क्षेत्र में कुछ कर सकती हूं। इसके बाद मैंने मुंबई आने का फैसला कर लिया। सवाल: मुंबई आने का फैसला कैसे लिया? परिवार का क्या रिएक्शन था? जवाब: उस नाटक के बाद मुंबई आने का फैसला मैंने लगभग कर लिया था, लेकिन पापा को सीधे नहीं बताया था। मेरी ट्रेन अगले दिन थी और उस रात मम्मी व भाई ने उन्हें समझाया। शुरुआत में वे हैरान थे, लेकिन आखिरकार मान गए। पूरा परिवार मुझे छोड़ने स्टेशन आया था। वह पल भावुक था। सवाल: मुंबई आने के बाद शुरुआत कैसी रही? जवाब: मुंबई आने के बाद मैं अंधेरी ईस्ट के चकाला इलाके में तीन लड़कियों के साथ छोटे किराए के घर में रहती थी। यह मेरे लिए नया अनुभव था। 26 अक्टूबर 2017 को मैं मुंबई आई और 28 अक्टूबर को ही 'इंडियाज नेक्स्ट सुपरस्टार' के ऑडिशन का फोन आ गया। मैंने ऑडिशन दिया और शॉर्टलिस्ट हो गई। इसके बाद दो महीने तक वर्कशॉप चली। हालांकि, मुझे पांच बार रिजेक्ट किया गया। एक समय मैं निराश होकर लखनऊ लौट गई। लेकिन जिस दिन मैं वहां पहुंची, उसी दिन फोन आया कि मेरा चयन हो गया है और मुझे वापस मुंबई आना होगा। पैसे नहीं थे, इसलिए उन्होंने मेरी टिकट करवाई और वहीं से करियर की शुरुआत हुई। सवाल: संघर्ष के दिनों में आपका प्लान क्या था? जवाब: मेरे पिताजी ने मुझे दो साल का समय दिया था। उन्होंने कहा था कि अगर दो साल में कुछ नहीं हुआ, तो वापस आकर शादी करनी होगी। मैंने सोच रखा था कि अगर अभिनय से काम नहीं मिला, तो नौकरी कर लूंगी। मैं पहले से पढ़ाती थी, इसलिए भरोसा था कि किसी स्कूल या संस्थान में काम मिल जाएगा। मेरा मानना था कि अपने सपनों का खर्च खुद उठाना चाहिए। सवाल: आपकी पढ़ाई-लिखाई कैसी रही? जवाब: मैंने ग्रेजुएशन किया है। इसके बाद क्रिएटिव राइटिंग में पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा किया। साथ ही भरतनाट्यम की ट्रेनिंग ली। मैं हमेशा से कला और साहित्य की ओर झुकी रही हूं। मुझे साहित्य और मनोविज्ञान जैसे विषय पसंद थे। कभी सोचा था कि प्रोफेसर बनूंगी, लेकिन किस्मत मुझे अभिनय की दुनिया में ले आई। सवाल: पहला बड़ा मौका कैसे मिला? जवाब: मेरी पहली तेलुगु फिल्म 'एजेंट साई श्रीनिवास आत्रेय' थी। मैं हैदराबाद में उसकी शूटिंग कर रही थी। उसी दौरान टीवी शो 'गठबंधन' के लिए ऑडिशन का कॉल आया। शूटिंग की वजह से मैं तुरंत नहीं जा सकी। कई बार फोन आने के बाद जब मुंबई लौटी, तब ऑडिशन दिया और चयन हो गया। वहीं से टीवी इंडस्ट्री में मेरी शुरुआत हुई। सवाल: तेलुगु फिल्म कैसे मिली थी? जवाब: 'इंडियाज नेक्स्ट सुपरस्टार' के दौरान मैंने एक नागिन एक्ट किया था। फिल्म के निर्देशक ने वही प्रदर्शन देखा और उन्हें मेरा काम पसंद आया। इसके बाद मुझे फिल्म का प्रस्ताव मिला। शुरुआत में यकीन नहीं हुआ, क्योंकि मैं कभी साउथ इंडिया नहीं गई थी। लेकिन कहानी अच्छी लगी और मैंने फिल्म कर ली। फिल्म को अच्छा रिस्पॉन्स मिला, लेकिन उस समय मैं टीवी शो 'गठबंधन' में व्यस्त थी, इसलिए प्रमोशन का हिस्सा नहीं बन सकी। सवाल: आपके करियर का सबसे खास किरदार कौन-सा रहा? जवाब: मेरे सभी किरदारों को दर्शकों ने प्यार दिया है। लेकिन पहला शो हमेशा खास होता है। 'गठबंधन' ने मुझे पहचान दिलाई और घर-घर तक पहुंचाया। इसके अलावा 'नमक' का किरदार भी मेरे दिल के करीब है। उस शो का विषय मजबूत था और दर्शकों ने उसे काफी पसंद किया। सवाल: टीवी इंडस्ट्री में लंबे काम के घंटों को लेकर आपका अनुभव कैसा रहा? जवाब: मैंने 20 से 22 घंटे तक लगातार काम किया है। शुरुआत में हमें अपने अधिकारों की ज्यादा जानकारी नहीं थी। 'गठबंधन' के दौरान वरिष्ठ कलाकारों ने बताया कि कॉन्ट्रैक्ट में काम के घंटे तय कराए जा सकते हैं। इसके बाद मैंने कॉन्ट्रैक्ट में यह शर्त जोड़नी शुरू कर दी कि रोजाना सीमित घंटे ही काम करूंगी। सवाल: 'हीरामंडी' में काम करने का अनुभव कैसा रहा? जवाब: बहुत शानदार। मैंने खुद को वहां नए कलाकार की तरह रखा। मुझे लगा कि मेरे पास सिर्फ टैलेंट है और मुझे सीखना है। सेट पर बड़े कलाकार थे, इसलिए हर दिन कुछ नया सीखने को मिलता था। टीवी में सीखा अनुशासन और तेजी 'हीरामंडी' में बहुत काम आई। संजय लीला भंसाली सर प्रतिभाशाली निर्देशक हैं। उनका विजन बड़ा है और वे हर छोटे कलाकार पर बराबर ध्यान देते हैं। सेट पर किसी जूनियर आर्टिस्ट की पायल से लेकर हेयरस्टाइल तक उनकी नजर रहती थी। उनके साथ काम करने के लिए अहंकार छोड़कर उनके विजन पर भरोसा करना पड़ता है। सवाल: 'हीरामंडी' आपको कैसे मिली थी? जवाब: मैं टीवी शो 'नमक इश्क का' की शूटिंग कर रही थी, तभी ऑडिशन का कॉल आया। मैंने मेकअप रूम में ही ऑडिशन रिकॉर्ड किया। इसके बाद संजय लीला भंसाली से मुलाकात हुई। उनके सामने बैठना मेरे लिए किसी सपने जैसा था। मुझे लगा नहीं था कि मेरा चयन होगा, लेकिन किस्मत से यह मौका मिल गया। सवाल: 'हीरामंडी' से आपके करियर को कितना फायदा हुआ? जवाब: बहुत फायदा हुआ। यह शो 192 देशों में रिलीज हुआ और दुनिया भर से लोगों के संदेश आने लगे। एक कलाकार के तौर पर मुझे लगा कि मेरे काम को वैश्विक पहचान मिली है। इसी शो की वजह से आगे कई अच्छे प्रोजेक्ट्स भी मिले। सवाल: फिल्मों के ऑफर आते हैं? जवाब: जी हां, ऑफर आते हैं। लेकिन मेरी कुछ शर्तें हैं। मैं वही काम करना पसंद करती हूं, जिसे परिवार के साथ बैठकर देख सकूं। कई बार अच्छी कहानियां सिर्फ एक-दो दृश्यों की वजह से छोड़नी पड़ती हैं। अफसोस होता है, लेकिन मेरा मानना है कि जो मेरे लिए बना है, वह मुझे जरूर मिलेगा। सवाल: आपने प्रोडक्शन में भी कदम रखा है? जवाब: जी हां। मुझे और मेरे भाई को लिखना पसंद है। हमने मिलकर कुछ कहानियां लिखीं और फिर अपना कंटेंट बनाने का फैसला किया। हमने कुछ वर्टिकल ड्रामा और अन्य प्रोजेक्ट्स पर काम शुरू किया है। भविष्य में फिल्मों और बड़े प्रोजेक्ट्स पर काम करने की योजना है। सवाल: सफलता को आप कैसे परिभाषित करती हैं? जवाब: मेरे लिए सफलता सिर्फ प्रसिद्धि नहीं है। सबसे बड़ी सफलता यह है कि मैंने लोगों की सोच बदली है। मैं ऐसे माहौल से आती हूं, जहां लोग मानते थे कि अभिनय की दुनिया में आगे बढ़ने के लिए समझौते करने पड़ते हैं। अगर मुझे देखकर कोई युवा यह विश्वास करता है कि मेहनत और प्रतिभा के दम पर सफलता मिल सकती है, तो वही मेरी सबसे बड़ी उपलब्धि है। सवाल: युवाओं को क्या संदेश देना चाहेंगी? जवाब: अगर किसी भी काम के लिए आत्मसम्मान या सिद्धांत छोड़ने पड़ रहे हैं, तो वह काम मत कीजिए। अभिनय में कोई शॉर्टकट नहीं होता। मेहनत करनी पड़ती है, ऑडिशन देने पड़ते हैं और धैर्य रखना पड़ता है। खासतौर पर लड़कियों से मैं कहना चाहूंगी कि अगर कोई आपसे समझौता करने की बात करे, तो वहां से तुरंत निकल जाएं। इंडस्ट्री में अच्छे लोग हैं और मेहनत करने वालों के लिए यहां अवसरों की कमी नहीं है।
रैपिड फायर राउंड में मनोज बाजपेयी बोले:इंडस्ट्री में कई कलाकारों की प्रतिभा अब भी कम आंकी जाती है
मनोज बाजपेयी अपनी दमदार एक्टिंग और बेबाक अंदाज के लिए जाने जाते हैं। फिल्म ‘गवर्नर: द साइलेंट सेवियर’ को लेकर दैनिक भास्कर से बातचीत में उन्होंने करियर, फिल्मों और रैपिड फायर राउंड में दिलचस्प जवाब दिए। भारत की सबसे बड़ी ताकत, स्टारडम की परिभाषा, फाइनेंशियल आदतों और पसंदीदा खाने तक, मनोज ने कई सवालों के जवाब सहज अंदाज में दिए। पढ़िए, रैपिड फायर राउंड में मनोज बाजपेयी के जवाब। सवाल: अगर एक शब्द में भारत को समझाना हो तो क्या कहेंगे? जवाब: विविधता सवाल: पावर या पीस? जवाब: पीस हमेशा। सवाल: ओटीटी या बिग स्क्रीन? जवाब:बिग स्क्रीन सवाल: कौन-सा किरदार आपको सबसे ज्यादा डराने वाला लगा? जवाब: गली गुलियां सवाल: आपकी एक फाइनेंशियल आदत क्या है? जवाब: मैं और मेरा परिवार अपनी जरूरतें नहीं बढ़ाते। जितना जरूरी हो, उतना ही खर्च करते हैं। सवाल: बिहार की कौन-सी बात दुनिया को सीखनी चाहिए? जवाब: रिश्तों में अपनापन और अपनी जड़ों से जुड़े रहना। सवाल: आपका कम्फर्ट फूड क्या है? जवाब: दाल-चावल और परवल की भुजिया सवाल: स्टारडम को एक शब्द में कैसे बताएंगे? जवाब: अननेसेसरी सवाल: कौन-सी चीज आपको सबसे ज्यादा परेशान करती है? जवाब: जब लोग समय पर नहीं आते सवाल: कौन-से कलाकार आपको अंडररेटेड लगते हैं? जवाब: केके मेनन, विजय राज, रघुवीर यादव और नवाजुद्दीन सिद्दीकी जैसे कलाकार शानदार हैं। मुझे लगता है कि कई कलाकारों की प्रतिभा का सही इस्तेमाल नहीं हुआ। ____________________________________ मनोज बाजपेयी का यह इंटरव्यू भी पढ़ें... पीएम को सलाह देने के सवाल पर मनोज बाजपेयी बोले:मैं इन सब चक्करों में नहीं पड़ता, हर व्यक्ति की अपनी जिम्मेदारी और विशेषज्ञता होती है फिल्म ‘गवर्नर: द साइलेंट सेवियर’ के प्रमोशन के दौरान अभिनेता मनोज बाजपेयी ने राजनीति और नेतृत्व से जुड़े सवाल पर संतुलित जवाब दिया। दैनिक भास्कर को दिए इंटरव्यू में जब उनसे पूछा गया कि अगर उन्हें प्रधानमंत्री को एक सलाह देनी हो तो वह क्या देंगे, तो उन्होंने कहा कि वह खुद को ऐसी स्थिति में नहीं मानते कि प्रधानमंत्री को कोई सलाह दे सकें।पूरा इंटरव्यू पढ़ें.. आर्थिक संकट में देश संभालना बड़ी जिम्मेदारी:मनोज बाजपेयी बोले- आम आदमी खर्च नियंत्रित कर सकता है, लेकिन देश को संकट से एक्सपर्ट्स ही निकालते हैं 1991 के आर्थिक संकट पर बनी फिल्म ‘गवर्नर: द साइलेंट सेवियर’ को लेकर मनोज बाजपेयी ने दैनिक भास्कर से बातचीत की। उन्होंने कहा कि फिल्म में एक आरबीआई गवर्नर के देश की उम्मीद बनने और देश को संकट से निकालने की जंग दिखाई गई है। मनोज ने इसे ‘इकोनॉमिक थ्रिलर’ बताया। उन्होंने वैश्विक हालात, ईरान-यूएस तनाव, आम आदमी की परेशानियों, ओटीटी और थिएटर की कमी पर भी राय रखी।पूरा इंटरव्यू पढ़ें..
'पाताल लोक' के बाद आखिर क्यों चुनी 'राख'? प्रोसित रॉय ने बताई खास वजह
पहली नजर में 'राख' एक दिलचस्प मिसिंग पर्सन्स इन्वेस्टिगेशन सीरीज लगती है, लेकिन निर्देशक प्रोसित रॉय के लिए यह सिर्फ एक क्राइम थ्रिलर नहीं थी। पाताल लोक की सफलता के बाद वह दोबारा उसी जॉनर में काम करने के इच्छुक नहीं थे और कुछ अलग तलाश रहे थे।
अल्लू अर्जुन आज भारत के सबसे बड़े पैन-इंडिया स्टार्स में से एक हैं, जिनकी फैन फॉलोइंग देश की सीमाओं को पार कर दुनिया भर में फैली हुई है। अपनी दमदार स्क्रीन प्रेजेंस (परदे पर मौजूदगी) और नए ट्रेंड सेट करने वाली परफॉर्मेंस के लिए मशहूर अल्लू अर्जुन ने ...
ट्रेडिशनल अवतार में छाईं तृप्ति डिमरी, बांधनी कुर्ता-शरारा में ढाया कहर
बॉलीवुड एक्ट्रेस तृप्ति डिमरी जब भी पर्दे पर या सोशल मीडिया पर आती हैं, फैंस की धड़कनें तेज होना लाजमी है। हाल ही में तृप्ति ने इंस्टाग्राम अकाउंट पर ट्रेडिशनल आउटफिट में अपनी कुछ बेहद खूबसूरत तस्वीरें साझा की हैं, जो इंटरनेट पर तेजी से वायरल हो रही ...
'हम दिल दे चुके सनम' से लेकर 'ओमकारा' तक - मशहूर नाटकों पर बनी बॉलीवुड की ये ब्लॉकबस्टर फिल्में
बॉलीवुड अक्सर प्रेरणा के लिए साहित्य का सहारा लेता रहा है, लेकिन इसकी कुछ सबसे मशहूर फिल्में थिएटर की दुनिया से भी काफी प्रेरित रही हैं। विलियम शेक्सपियर की कालजयी दुखद कहानियों से लेकर आधुनिक गुजराती स्टेज नाटकों तक, ये फिल्में साबित करती हैं कि ...
टीवी से OTT तक छाए अमित साध, बर्थडे पर देखें उनकी टॉप 5 परफॉर्मेंस
बॉलीवुड एक्टर अमित साध 5 जून को अपना बर्थडे सेलिब्रेट कर रहे हैं। अमित ने कड़े संघर्ष के बाद मनोरंजन जगत में अपनी एक अलग पहचान बनाई है। अमित साध ने एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री के तीन सबसे प्रमुख प्लेटफॉर्म्स टेलीविजन, फिल्म्स और ओटीटी पर अपनी एक मजबूत पकड़ ...
संभावना सेठ-अविनाश द्विवेदी के घर गूंजी किलकारियां, जुड़वां बच्चों की मां बनीं एक्ट्रेस
टीवी और भोजपुरी एक्ट्रेस संभावना सेठ और अविनाश द्विवेदी के घर किलकारियां गूंज गई है। शादी के सालों बाद इस कपल के घर एक नहीं बल्कि दो-दो नन्हे मेहमानों का आगमन हुआ है। संभावना सरोगेसी के जरिए जुड़वां बच्चों—एक बेटा और एक बेटी की मां बनी हैं। इस ...
बेबी पिंक कॉरसेट ड्रेस में पूजा हेगड़े ने बिखेरा हुस्न का जलवा, किलर पोज से मचाई सनसनी
अपनी अदाकारी और लाजवाब फैशन सेंस से लाखों दिलों पर राज करने वाली एक्ट्रेस पूजा हेगड़े एक बार फिर सुर्खियों में हैं। पूजा जल्द ही वरुण धवन और वामिका गब्बी के साथ 'है जवानी तो इश्क होना है' में नजर आने वाली हैं। इसी बीच एक्ट्रेस ने इंस्टाग्राम पर अपनी ...
'कॉकरोच जनता पार्टी' को मिला प्रकाश राज का समर्थन, 6 जून को आंदोलन में होंगे शामिल
इंटरनेट पर एक मीम और व्यंग्य के रूप में शुरू हुआ सफर अब देश की राजनीति में एक नया अध्याय लिखने जा रहा है। 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP), जिसने अपने अनोखे नाम और तीखे कटाक्षों से सोशल मीडिया पर तहलका मचाया था, अब एक गंभीर वैचारिक और राजनीतिक मोर्चे का ...
दिग्गज फिल्म निर्माता और पूर्व CBFC चीफ पहलाज निहलानी का निधन, 76 साल की उम्र में ली अंतिम सांस
मनोरंजन जगत से एक दुखद खबर सामने आई है। दिग्गज फिल्म निर्माता और केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) के पूर्व अध्यक्ष पहलाज निहलानी का निधन हो गया है। उन्होंने 76 वर्ष की आयु में अंतिम सांस ली। खबरों के अनुसार पहलाज निहलानी लंबे समय से बीमार चल रहे ...
बॉलीवुड एक्टर सैफ अली खान के बेटे इब्राहिम अली खान और एक्ट्रेस श्वेता तिवारी की बेटी पलक तिवारी का नाम कई समय से एक दूसरे के साथ जुड़ रहा है। दोनों को अक्सर साथ में टाइम स्पेंड करते देखा जाता है। हाल ही में दोनों का एक ऐसा वीडियो सोशल मीडिया पर ...
आमिर खान प्रोडक्शंस के बैनर तले बनी फिल्म लगान में एक दमदार कहानी, बेहतरीन कलाकारों की फौज और कमाल का संगीत है। जहां यह फिल्म अपने आप में एक मिसाल है, वहीं अब यह अपनी 25वीं सालगिरह के मौके पर 12, 13 और 14 जून को सिनेमाघरों में दोबारा रिलीज होने के ...
'डॉन 3' विवाद में नया मोड़, रणवीर सिंह के लीगल नोटिस के बाद FWICE ने वापस लिया नॉन-कोऑपरेशन का फैसला
बॉलीवुड एक्टर रणवीर सिंह और फिल्म निर्माता फरहान अख्तर के बीच पिछले कुछ दिनों से चल रहा हाई-प्रोफाइल विवाद आखिरकार सुलझता नजर आ रहा है। फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (FWICE) ने रणवीर सिंह के खिलाफ जारी किया 'असहयोग निर्देश' ...
'पेड्डी' के लिए राम चरण ने झेला असली दर्द, कुश्ती सीन कीशूटिंग में लगी चोटें
साउथ सुपरस्टार राम चरण अपनी आने वाली फिल्म ‘पेड्डी’ को लेकर जबरदस्त चर्चा में हैं, लेकिन इस फिल्म के लिए उनकी मेहनत अब चर्चा का सबसे बड़ा कारण बन गई है। खबर है कि फिल्म की शूटिंग के दौरान अभिनेता को कई चोटों का सामना करना पड़ा। राम चरण की फिल्म ...
फेमस टीवी शो 'भाबीजी घर पर हैं' में अंगूरी भाभी का किरदार निभाकर एक्ट्रेस शिल्पा शिंदे ने घर-घर पहचान बनाई है। शिल्पा ने इस शो को छोड़ने के बाद प्रोड्यूसर संजय कोहली पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था। अब एक्ट्रेस ने लगभग एक दशक पुराने इस विवाद पर एक ...
काला हिरण फिल्म पर सलमान खान का बड़ा एक्शन, रिलीज से पहले भेजा कानूनी नोटिस; 24 घंटे का अल्टीमेटम
सलमान खान ने 1998 के चर्चित काला हिरण शिकार मामले से प्रेरित बताई जा रही फिल्म 'काला हिरण' के निर्माताओं को कानूनी नोटिस भेजा है। अभिनेता का कहना है कि यह फिल्म उनके व्यक्तित्व अधिकारों का उल्लंघन करती है और अदालत में लंबित मामले को प्रभावित कर सकती ...
ललित मोदी ने एक नए इंटरव्यू में सुष्मिता सेन के साथ अपने रिश्ते को लेकर कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। उन्होंने सुष्मिता को 'गोल्ड डिगर' कहने वालों को गलत बताते हुए कहा कि वह एक आत्मनिर्भर और सफल महिला हैं। मोदी ने यह भी बताया कि आखिर दोनों का ...
बॉलीवुड अभिनेत्री रवीना टंडन के परिवार में उस समय हड़कंप मच गया जब उनकी मां के लॉकर से करीब 25 लाख रुपये के गहने और महंगी घड़ियां चोरी होने का मामला सामने आया। पुलिस जांच में परिवार की करीबी महिला पर शक गया, जिसने पूछताछ के दौरान कथित तौर पर अपना ...
है जवानी तो इश्क होना है मूवी प्रिव्यू: डेविड धवन की कॉमेडी दुनिया में फिर लौटे वरुण धवन
5 जून को रिलीज हो रही वरुण धवन, पूजा हेगड़े और मृणाल ठाकुर स्टारर ‘है जवानी तो इश्क होना है’ एक रोमांटिक कॉमेडी है, जिसमें प्यार, रिश्तों की उलझनें और डेविड धवन स्टाइल हास्य का भरपूर तड़का देखने को मिलेगा। फिल्म की कहानी शादी, करियर और नए रिश्तों के ...
नेपोटिज्म पर बेबाक अनन्या पांडे: “मुझे मौके मिले, लेकिन खुद को साबित करना मेरी जिम्मेदारी थी”
बॉलीवुड की युवा अभिनेत्री अनन्या पांडे ने फिल्मफेयर के मई-जून 2026 अंक में अपने जीवन और करियर के कई अनछुए पहलुओं पर खुलकर बात की है। उन्होंने विशेषाधिकार, असुरक्षा, सोशल मीडिया, अभिनय और सफलता को लेकर अपनी सोच साझा की। बातचीत के दौरान उन्होंने यह भी ...
जब लोग उन अभिनेताओं की बात करते हैं जिन्होंने सिनेमा की सीमाओं को पार करके सांस्कृतिक प्रतीक का दर्जा हासिल कर लिया है, तो NTR का नाम सहज ही सबसे अलग नज़र आता है। अक्सर 'जनता का आदमी' कहे जाने वाले जूनियर एनटीआर, निस्संदेह इस पीढ़ी के सबसे चहेते ...
1000 करोड़ से 3000 करोड़ तक: रणवीर सिंह बने भारतीय बॉक्स ऑफिस के नए सम्राट, रचा नया इतिहास
‘धुरंधर’ फ्रेंचाइज़ी की ऐतिहासिक सफलता के साथ रणवीर सिंह एक भरोसेमंद सितारे से आगे बढ़कर महामारी के बाद के दौर की सबसे प्रभावशाली सिनेमाई ताकत बन गए हैं। कई सितारों ने बड़ी सफल फिल्में दी हैं, लेकिन ‘धुरंधर’ जैसी विशाल फ्रेंचाइज़ी कोई नहीं बना पाया। ...
सुमन कल्याणपुर: वह आवाज़ जिसे लोग लता समझते रहे, लेकिन जिसकी अपनी एक अलग दुनिया थी
हिंदी फिल्म संगीत की बेहद मधुर और सम्मानित आवाज़ सुमन कल्याणपुर अब हमारे बीच नहीं रहीं। उनकी गायकी, संघर्ष, लता मंगेशकर से मिलती-जुलती आवाज़, मोहम्मद रफी के साथ अमर गीतों की साझेदारी और बॉलीवुड में मिले सीमित अवसरों की यह कहानी उतनी ही प्रेरक है ...
लता दीदी की आवाज बहुत ही कोमल और मधुर थी। उनकी आवाज मतलब एक ऐसा स्वर जो हम सभी के लिए आदर्श था। आज वह स्वर नहीं रहा। कुछ खोया-खोया सा लगता है, लेकिन उनके गाने आज भी हमारे बीच में मौजूद हैं और हमेशा मौजूद रहेंगे। मैं उनसे चार या पांच बार ही मिली थी, ...
बॉलीवुड एक्टर रणवीर सिंह 'धुरंधर' की सक्सेस के बीच चल रहे 'डॉन 3' विवाद को लेकर भी सुर्खियों में हैं। फिल्ममेकर फरहान अख्तर और एक्सेल एंटरटेनमेंट के साथ उनकी अनबन अब जगजाहिर हो चुकी है। फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (FWICE) द्वारा उनके ...
भारतीय सिनेमा के इतिहास में जब भी सबसे बेहतरीन और भव्य डांस नंबर्स की बात की जाएगी, संजय लीला भंसाली की साल 2002 में आई ब्लॉकबस्टर फिल्म 'देवदास' के गाने 'डोला रे डोला' का नाम सबसे ऊपर आएगा। ऐश्वर्या राय और माधुरी दीक्षित के जुगलबंदी वाले इस गाने को ...
क्या हॉलीवुड में दिख गई महिमा चौधरी की बेटी? बेटी आरियाना की हमशक्ल देख एक्ट्रेस ने कही यह बात
इंटरनेट की दुनिया भी बड़ी अजीब और दिलचस्प है। यहाँ कब, कौन, किसका हमशक्ल मिल जाए, कुछ कहा नहीं जा सकता। हाल ही में अमेजन प्राइम वीडियो पर रिलीज हुई इंटरनेशनल सीरीज 'ऑफ कैंपस' को देखने वाले भारतीय दर्शकों के होश उड़ गए, जब उन्होंने स्क्रीन पर ...
'बंदर' के किरदार से है बॉबी देओल का गहरा कनेक्शन, बचपन के इस डर पर खुलकर की बात
बॉबी देओल स्टारर 'बंदर', जो कि अनुराग कश्यप के डायरेक्शन में बनी है, वाकई में दर्शकों के बीच सबसे बेसब्री से इंतजार की जाने वाली फिल्मों में से एक है। हाल ही मे मेकर्स ने फिल्म का ट्रेलर रिलीज किया है, जो दर्शकों को सरप्राइजेस, दमदार डायलॉग्स, ...
राम चरण के MMA फाइटर बॉडीगार्ड के सामने फीके पड़े स्टार्स, जानिए कौन हैं केविन कुंटा?
साउथ सुपरस्टार राम चरण इन दिनों अपनी अपकमिंग फिल्म 'पेड्डी' के प्रमोशन में बिजी हैं। इस फिल्म में उनके साथ जाह्नवी कपूर मुख्य भूमिका में नजर आने वाली हैं। फिल्म का निर्देशन बुच्ची बाबू सना ने किया है। राम चरण और जाह्नवी कपूर देश के अलग-अलग हिस्सों ...
'15 की उम्र में हम गुल्ली-डंडा’, अमिताभ बच्चन का वैभव को लेकर ट्वीट हर जगह चर्चा में
अभिनय के सुपरस्टार अमिताभ बच्चन ने राजस्थान रॉयल्स के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी की तारीफ करते हुए उन्हें अद्भुत 15 साल का सूर्या बताया। ट्विटर (अब X) पर बच्चन ने लिखा: इस उम्र में तो हम बंटों और गुल्ली डंडा भी ठीक से नहीं खेल पा रहे थे!! वैभव ...
सोनाक्षी सिन्हा ने किराए पर किया अपना लग्जरी अपार्टमेंट, हर महीने मिलेगा इतने लाख रुपये किराया
बॉलीवुड एक्ट्रेस सोनाक्षी सिन्हा के सितारे इन दिनों बुलंदियों पर हैं। एक्टिंग की दुनिया में अपना लोहा मनवाने के बाद अब वह रियल एस्टेट मार्केट में भी अपनी धाक जमा रही हैं। सोनाक्षी सिन्हा ने मुंबई के सबसे महंगे और आलीशान इलाकों में से एक, बांद्रा ...
तमिल सुपरस्टार अजित कुमार की मां मोहिनी का निधन, 85 वर्ष की उम्र में ली अंतिम सांस
साउथ फिल्म इंडस्ट्री से एक दुखद खबर सामने आई है। तमिल सिनेमा के सुपरस्टार अजित कुमार के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। अजित कुमार की मां मां, मोहिनी मणि का शनिवार सुबह चेन्नई में निधन हो गया है। वह 85 वर्ष की थीं और पिछले कुछ समय से बढ़ती ...
13 साल बाद भी नैना तलवार के डायलॉग्स का जादू है बरकरार, पढ़ें दीपिका पादुकोण की आइकॉनिक लाइंस
'ये जवानी है दीवानी' के रिलीज के पूरे 13 साल बाद भी, नैना तलवार के डायलॉग्स आज भी दर्शकों के दिलों के तारों को गहराई से छू जाते हैं। इन डायलॉग्स की सबसे खास बात थी इनकी सादगी। ये बहुत ज्यादा ड्रामैटिक या फिल्मी नहीं थे, ये एकदम सच्चे, सीधे दिल से ...
प्राइम वीडियो ने किया इन्वेस्टिगेटिव थ्रिलर सीरीज 'राख' का ऐलान, इस दिन होगा प्रीमियर
प्राइम वीडियो ने अपनी आने वाली ओरिजिनल सीरीज़ 'राख' के प्रीमियर डेट का ऐलान कर दिया है। इस सीरीज का दुनियाभर में प्रीमियर 12 जून को होगा। सीरीज़ का निर्देशन और एग्जीक्यूटिव प्रोडक्शन प्रोसित रॉय ने किया है, इसे अनुशा नंदकुमार और संदीप साकेत ने ...
इंटरनेट मूवी डेटाबेस (IMDb) हर हफ्ते दुनिया भर यूजर्स के सर्च और प्रोफाइल विजिट के आधार पर 'मोस्ट पॉपुलर इंडियन सेलिब्रिटीज' की लिस्ट जारी करता है। आमतौर पर इस लिस्ट के शीर्ष पर वही सुपरस्टार्स नजर आते हैं जिनकी बड़ी फिल्में सिनेमाघरों में रिलीज ...
'द पिरामिड स्कीम' का ट्रेलर रिलीज, जल्दी अमीर बनने के लालच की खतरनाक कहानी
प्राइम वीडियो अपनी आने वाली ओरिजिनल सीरीज 'द पिरामिड स्कीम' का एक दिलचस्प ट्रेलर रिलीज कर दिया है। यह एक ऐसी दमदार ड्रामा सीरीज है जो शॉर्टकट से जल्दी पैसा कमाने के खतरनाक लालच, महत्वाकांक्षा और धोखाधड़ी वाली पिरामिड स्कीम्स के पीछे की कहानी को ...
जाह्नवी कपूर ने एथनिक फैशन में दिखाया ग्लैमरस अंदाज, तस्वीरें वायरल
बॉलीवुड की यंग जनरेशन की सबसे चर्चित और स्टाइलिश अभिनेत्रियों में से एक जाह्नवी कपूर अपने बोल्ड फैशन चॉइस के लिए जानी जाती हैं। हाल ही में उन्होंने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर मिरर सेल्फी और क्लोज-अप शॉट्स की एक सीरीज शेयर की है, जिसने इंटरनेट का ...
'नागाबंधम' का नया इंटेंस पोस्टर हुआ आउट, एक ही फ्रेम में दिखी पूरी स्टारकास्ट की रहस्यमयी दुनिया!
फिल्म 'नागाबंधम' को लेकर बना हुआ जबरदस्त बज लगातार बढ़ता ही जा रही है, जो इसे इस साल भारतीय सिनेमा की सबसे ज्यादा प्रतीक्षित फिल्मों में से एक बनाता है। शानदार स्टारकास्ट और बेहद टैलेंटेड टीम के दम पर मेकर्स हर नए अपडेट के साथ दर्शकों की उत्सुकता ...
मशहूर कुकिंग रियलिटी शो 'मास्टरशेफ इंडिया' के पहले सीजन की विनर और देश की जानी-मानी सेलिब्रिटी शेफ पंकज भदौरिया को लेकर एक बेहद भावुक करने वाली खबर सामने आई है। पंकज भदौरिया को ब्रेस्ट कैंसर हो गया है। उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए इसका खुलासा किया ...
'बंदर' से आया साल का सबसे जबरदस्त ट्रैक, 'पिंजरा' में दिखा बॉबी देओल का उलझा हुआ और खतरनाक अंदाज
बॉबी देओल स्टारर फिल्म 'बंदर' की दुनिया हर नए अपडेट के साथ और भी ज्यादा डार्क, रोंगटे खड़े कर देने वाली और दिलचस्प होती जा रही है। पहले एक धमाकेदार टीज़र ने दर्शकों को अपनी रॉ इमोशंस, डरावनी उथलपुथल और अप्रत्याशित किरदारों की अनोखी दुनिया से रूबरू ...
फिल्म 'गवर्नर' के दिलचस्प टीजर के बाद, जिसने पहले ही फैंस की उत्सुकता बढ़ा दी थी, मेकर्स ने अब इसका एक बेहद दमदार ट्रेलर रिलीज कर दिया है। यह ट्रेलर भारत के आर्थिक इतिहास के एक ऐसे बेहद अहम और नाजुक दौर को दिखाता है, जब साल 1990 में देश कंगाली और ...
विपुल अमृतलाल शाह बोले- 'समुक' तोड़ेगी सिनेमा के सारे नियम, इंटरनेशनल स्केल पर बन रही फिल्म
बॉलीवुड फिल्मकार विपुल अमृतलाल शाह का कहना है कि 'समुक' एक ऐसी फिल्म है जो सिनेमा के सारे स्थापित नियमों को तोड़ देगी। बॉक्स ऑफिस पर 'द केरल स्टोरी' जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्में देने वाले निडर प्रोड्यूसर-डायरेक्टर विपुल अमृतलाल शाह एक बार फिर इंडियन ...

