मध्य प्रदेश में घर बनाने के लिए अब लोगों को कागजी उलझनों में नहीं फंसना पड़ेगा। सरकार ऐसा सिस्टम ला रही है, जहां एक आवेदन पर नगर निगम से लेकर बिजली कंपनी तक की मंजूरियां मिल जाएंगी। सरकार सिंगल एजेंसी क्लियरेंस सिस्टम लागू करने जा रही है। इसके जरिए मकान की परमिशन, बिजली कनेक्शन और गुमास्ता लाइसेंस लेना आसान होगा। यह पहल 'ईज ऑफ डूइंग बिजनेस' के तहत की जा रही है। नगरीय विकास एवं आवास विभाग ने इसका खाका तैयार कर लिया है। इसका प्रजेंटेशन 13 मई को मंत्रालय में दिया जाएगा। मंडे स्टोरी में पढ़िए, सिंगल एजेंसी क्लियरेंस सिस्टम कैसे काम करेगा… क्या है यह नया सिस्टम? यह एक डिजिटल सेतु की तरह काम करेगा। बिल्डिंग परमिशन के लिए अब फायर ब्रिगेड, पर्यावरण विभाग, टाउन एंड कंट्री प्लानिंग, जल विभाग और बिजली कंपनी के अलग-अलग चक्कर नहीं लगाने होंगे। एक ऑनलाइन पोर्टल पर आवेदन से लेकर जांच और अंतिम मंजूरी तक की पूरी प्रक्रिया पूरी होगी। यह आधुनिक सिस्टम कैसे काम करेगा? प्रक्रिया को पारदर्शी और तेज बनाने के लिए कई तकनीकी बदलाव किए गए हैं। मौजूदा से कितना अलग प्रस्तावित सिस्टमअभी नक्शा, फायर एनओसी और बिजली-पानी के लिए अलग-अलग विभागों के चक्कर लगाने पड़ते हैं। इसमें 30 से 90 दिन तक लग जाते हैं। प्रस्तावित व्यवस्था में नक्शा अपलोड होते ही सिस्टम नियमों (FAR, सेटबैक, ऊंचाई) की जांच करेगा। सभी एनओसी बैकएंड में एक साथ प्रोसेस होंगी। जो काम 3 महीने में होता था, वह 7 से 21 दिनों में पूरा हो जाएगा। नगर निगम और विभागों पर क्या असर पड़ेगा? नगर निगम अब 'नोडल एजेंसी' के रूप में काम करेगा। किसी विभाग से समय पर जवाब नहीं आने पर 'डीम्ड अप्रूवल' (स्वतः मंजूरी) लागू होगी।
लुधियाना में निहंग बाणा उतारकर पायजामा-टीशर्ट पहनने पर एक युवक की निहंग जत्थे ने पिटाई कर दी। इसकी भनक लगते ही निहंग जत्थे के कुछ लोगों ने उसकी पिटाई कर दी। बाद में युवक ने निहंग जत्थे से माफी मांगी और दोबारा ऐसी गलती न करने की बात कही। इसके बाद युवक को निहंग जत्थे ने दोबारा बाणा पहनने और अमृतपान की मर्यादा रखने को कहा। निहंगों ने युवकों को कहा कि तेरे को हमने इज्जत दी और तू आशिकी कर रहा। निहंगों ने कहा कि अगर आज एक ने इस तरह बाणा उतार दिया तो कल कई लोग बाणा उतार देंगे। युवक की पिटाई का वीडियो किसी ने शूट कर दिया और उसे अलग-अलग निहंग जत्थों को शेयर कर दिया। घटना रविवार को लुधियाना के ढोलनवाल में सामने आई। युवक कई सालों से निहंग जत्थे के साथ था और निहंग जत्थे ने उसे अमृतपान करवाकर उसे निहंग सिंह बनाया। अब विस्तार से पढ़िए पूरा मामला…
ED के चंगुल में फंसे पंजाब के मंत्री संजीव अरोड़ा की कंपनी के साथ मोबाइल व अन्य सामान की खरीद फरोख्त करने वाली तीन कंपनियों ने 2.77 करोड़ रुपए की ठगी की। ठगी करने के बाद मंत्री की कंपनी जब उनसे पैसे मांगती थी तो वो उन्हें पुलिस के नाम पर धमकाते रहे। मंत्री अरोड़ा की कंपनी की तरफ से अंकुर गुप्ता ने पुलिस कमिश्नर को शिकायत दी और 17 मई 2025 को इस संबंध में थाना फोकल पॉइंट में एफआईआर दर्ज की गई। जब कंपनी ने ठगी करने वाली तीन कंपनियों के खिलाफ FIR दर्ज करवाई उस समय संजीव अरोड़ा राज्यसभा सदस्य थे और दो महीने बाद पंजाब सरकार में मंत्री बन गए थे। संजीव अरोड़ा पर मोबाइल फोन और अन्य सामान की खरीद-फरोख्त में जीएसटी में हेराफेरी करने के आरोप हैं। 9 मई को ED उन्हें गिरफ्तार करके पूछताछ के लिए दिल्ली ले गई। संजीव अरोड़ा की कंपनी का दावा है कि वो पाक-साफ हैं और उनके साथ जीएसटी को लेकर जो ठगी हुई उसके संबंध में पहले एफआईआर दर्ज करवाई है। वहीं भाजपा के प्रदेश महासचिव अनिल सरीन का कहना है कि अगर वो फर्जी कंपनियां थी, तो उनसे खरीदफरोख्त क्यों की। वहीं मंत्री ने पुलिस से इस संबंध में क्या कार्रवाई करवाई उसके बारे में भी स्पष्ट करना चाहिए। मंत्री की कंपनी की शिकायत में अहम बातें… डीसीपी इंवेस्टिगेशन ने की थी जांचकंपनी की तरफ से पुलिस कमिश्नर को शिकायत दी गई। पुलिस कमिश्नर ने इसकी जांच डीसीपी (इन्वेस्टिगेशन) को सौंपी। डीसीपी के आदेश पर आरोपी कमल अहमद, अजहर हैदर, रजत मदान और शीतल मदान के खिलाफ धोखाधड़ी और साजिश (धारा 420, 120-B IPC) के तहत लुधियाना के थाना फोकल पॉइंट में 17 मई 2025 को एफआईआर दर्ज की गई। FIR पर की गई कार्रवाई के सवाल पर पुलिस चुपFIR पर कार्रवाई को लेकर थाना फोकल पॉइंट के एसएचओ इंस्पेक्टर कुलबीर सिंह का कहना है कि वो देखकर बताएंगे। लेकिन उसके बाद उन्होंने बात नहीं की। एसीपी इंद्रजीत का कहना है कि इस बारे में सीनियर अफसर ही कुछ बताएंगे। वहीं एडीसीपी-4 जशनदीप गिल का कहना है कि उनकी पोस्टिंग यहां पर बाद में हुई। इसलिए उन्हें इस संबंध में जानकारी नहीं है। -------------- ये खबर भी पढ़ें… मंत्री अरोड़ा की गिरफ्तारी पर आप MLA-BJP प्रधान भिड़े, हाथापाई का VIDEO सामने आया, बिट्टू बोले- तीर की तरह सीधे कर देंगे पंजाब में आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार के मंत्री संजीव अरोड़ा को मनी लॉन्ड्रिंग के केस में इनफोर्समेंट डायरेक्टोरेट (ED) ने गिरफ्तार कर लिया। शनिवार को हुई रेड के वक्त वह चंडीगढ़ के सेक्टर-2 स्थित अपनी सरकारी कोठी पर ही थे। टीम ने उनसे करीब 10 घंटे तक पूछताछ की। (पढ़ें पूरी खबर)
रायपुर में सालों से विवादों में घिरा स्काईवॉक प्रोजेक्ट एक बार फिर सवालों के घेरे में है। 21 मई 2025 से दोबारा शुरू हुआ निर्माण कार्य 20 अप्रैल 2026 तक पूरा होना था, लेकिन तय समय सीमा बीतने के बाद भी प्रोजेक्ट अधूरा है। मौके पर स्थिति यह है कि निर्माण एजेंसी केवल सीढ़ियां लगाने में जुटी है, जबकि लिफ्ट और एस्केलेटर अब तक सिर्फ योजना में ही नजर आ रहे हैं। दैनिक भास्कर की ग्राउंड रिपोर्ट में सामने आया कि स्काईवॉक का उपयोग करने के लिए लोगों को भारी मशक्कत करनी पड़ेगी। अगर कोई इस स्काईवॉक का इस्तेमाल करना चाहता है, तो उसे कम से कम 90-100 सीढ़ियां चढ़नी-उतरनी पड़ेंगी। अगर कोई रेरा ऑफिस की ओर से स्काई वॉक में जाना चाहता है तो उसे 50 से अधिक सीढ़ियां चढ़नी पड़ेंगी, जबकि मेकाहारा-सेंट्रल जेल रोड की ओर उतरने पर लगभग 45 सीढ़ियां उतरनी पड़ेंगी। आम जनता ने इस अधूरे काम पर नाराजगी जताई है, कुछ लोगों ने कहा कि अब इसे हटा देना चाहिए। कांग्रेस ने इसे विधायक राजेश मूणत की जिद बताया है, बीजेपी का कहना है कि 67 फीसदी जनता इसे पूरा करना चाहती है। 9 साल से अधूरे पड़े स्काईवॉक की तस्वीरें देखें… 12 पाइंट से होगी एंट्री- एग्जिट स्काई वॉक में इंट्री और एग्जिट के लिए कुल 12 जगह इंट्री और एग्जिट पाइंट है। एंजेसी की ओर से रेरा ऑफिस के पास, कलेक्ट्रेट टाउन हॉल वाले हिस्से में घड़ी चौक के पास, तहसील ऑफिस, जिला न्यायालय परिसर और सेंट्रल जेल के सामने सीढ़ियां लगाई गई हैं। वही डीकेएस के सामने, शहीद स्मारक के पास मल्टी-लेवल पार्किंग, पुराने जेल मुख्यालय भवन के पास, डेंटल कॉलेज की ओर अंबेडकर अस्पताल के पास सीढ़ियां लगाने का काम बचा है। 10 महीने में पूरा नहीं हो पाया काम करीब 8 साल से अधूरे खड़े ढांचे को पूरा करने 1 साल पहले लोक निर्माण विभाग (PWD) ने टेंडर प्रक्रिया जारी की थी और 37 करोड़ 75 लाख रुपए के इस प्रोजेक्ट में PSA (PSAA कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड) कंपनी काम कर रही है। लेकिन 10 महीने बीत जाने के बाद भी भी निर्माण कार्य अधूरा है। शास्त्री चौक पर रोटरी शास्त्री चौक के बीचोबीच एक रोटरी बनना है, ताकि स्काई वॉक को मजबूती देने के लिए वायर से बांधा व कसा जा सके। निर्माण कंपनी इस दिशा में अभी काम कर रही है।। पिलर के ऊपर गर्डर शिफ्ट करने और उसके ऊपर शेड लगाने का काम भी चल रहा है। PWD अधिकारियों के मुताबिक, अभी रोटरी का सिर्फ एक ही हिस्सा आया है, उस पर काम चल रहा है। आने वाले 10 दिनों में उसके और पार्ट्स आएंगे तो लगाया जाएगा। एस्केलेटर और 3 लिफ्ट लगाने का दावा, लेकिन जगह तय नहीं PWD अधिकारी एस. के. कोरी मुख्य अभियंता, सेतु (ब्रिज) का कहना है कि स्काईवॉक में 8 एस्केलेटर और 3 लिफ्ट लगाए जाने हैं, लेकिन अब तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि इन्हें कहां स्थापित किया जाएगा। वही काम में हो रही देरी पर उन्होंने कहा कि दिन में भारी ट्रैफिक के कारण निर्माण कार्य संभव नहीं हो पा रहा है, इसलिए रात में काम किया जा रहा है। इसी वजह से प्रोजेक्ट में थोड़ी देर हो रही है, उन्होंने कहा कि काम तेजी से पूरा किया जा रहा है। अब जानिए स्थानीय लोगों ने क्या कहा कांग्रेस बोली- राजेश मूणत की जिद्द सरकार पूरा कर रही कांग्रेस जिलाध्यक्ष श्री कुमार मेमन ने कहा स्काईवॉक सफेद हाथी बन गया है, 100 करोड़ लग रहे लेकिन इसकी उपयोगिता 1 रुपए की नहीं। राजेश मूणत जिद्द में इस प्रोजेक्ट को लाए थे, इसिलए वो चुनाव हारे थे। आज भी उनकी जिद्द के कारण ये सरकार प्रोजेक्ट पूरा करने में लगी है। शास्त्री चौक से 30-50 सीढ़ी चढ़कर भी जयस्तंभ तक नहीं पहुंच रहे। मरीज मेकहारा जाने चाहे तो भी व्यहारिक रुप से ये सही नहीं है। इस 100 करोड़ की राशि कहीं किसी वार्ड में लगाए होते तो नाली, सड़क, पानी, बिजली की तमाम समस्या हल हो जाती। हठधर्मी राजेश मूणत को जनता सबक सिखाएगी। बीजेपी बोली- इसे तोड़ना मतलब जनता के पैसे का नुकसान भाजपा प्रवक्ता अमित चिमनानी ने कहा कि भूपेश बघेल के मुख्यमंत्री रहते उन्होंने एक कमेटी का गठन किया था। सत्यनारायण शर्मा अध्यक्ष बने। कमेटी ने जब सर्वें पूरा किया तो नतीजा आया कि 67 फीसदी जनता चाहती है कि स्काईवॉक बने। स्काईवॉक को तोड़ना मतलब जनता के पैसे को नुकसान करना है। राजनीति करते हुए अपने ही सर्वें को कांग्रेस नेता भूल गए हैं। इस मुद्दे पर शुरू से भ्रम फैलाने का काम इन्होंने किया है। जनता चाहती है कि स्काईवॉक बने। …………………… स्काई वॉक से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… 1. स्कायवॉक पर राजेश मूणत का इंटरव्यू:आखिर क्यों लाया गया प्रोजेक्ट, वजह बताई पूर्व PWD मंत्री ने, मूणत बोले- भूपेश बघेल को मुझसे मुहब्बत 2. रायपुर में फिर बनेगा स्काई-वॉक:सरकार ने 37 करोड़ रुपए मंजूर किए, 12 जगहों पर लगेंगे एस्केलेटर; 8 साल से अधूरा पड़ा 3. शास्त्री चौक से मेकाहारा तक 27 नवंबर से वन-वे लागू:रात 10 से सुबह 6 बजे तक 1 महीने यही रूट; स्काई-वॉक का काम चलेगा 4. 7 साल से अधूरा स्काईवॉक, 8 माह में होगा पूरा:12 जगह लगेंगे ऐस्कलेटर; जानिए रायपुर के विवादित प्रोजेक्ट की कहानी, उसी की जुबानी
लुधियाना के न्यू एगर नगर इलाके में रविवार रात घरेलू विवाद ने वो खौफनाक रूप लिया जिसे देखकर पूरे इलाके की रूह कांप गई। एक रिटायर्ड हवलदार पिता ने अपने ही इकलौते बेटे को सरेराह गोलियों से भून दिया। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी पिता ने घर लौटकर जहर (सल्फास) खा लिया, जिससे उसकी भी मौत हो गई। 500 मीटर तक जान बचाने के लिए भागा बेटा घटना रात करीब 9 बजे की है। बताया जा रहा है कि घर में दूसरी शादी को लेकर पिता और पुत्र के बीच विवाद शुरू हुआ। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि पिता ने अपनी लाइसेंसी 12 बोर की दोनाली बंदूक निकाल ली। पहली गोली अंदर चली: पिता ने पहली गोली घर के अंदर चलाई जिससे बेटा बाल-बाल बचा और जान बचाने के लिए बाहर की तरफ भागा। गुरशरण सिंह बेटा करीब 500 मीटर तक गली में भागता रहा। चश्मदीदों के मुताबिक वह भागते हुए चिल्ला रहा था बचाओ मेरे पिता मुझे जान से मार देंगे, वो गोली मार रहे हैं। पीछा कर मारी गोली: पीछे से आ रहे पिता सुरिंदर ने पीछा कर उस पर दो और गोलियां दागीं। गोलियां लगते ही बेटा खून से लथपथ होकर सड़क पर गिर गया। बेटे की हत्या के बाद पिता ने खुद सल्फास खाली बेटे को मौत के घाट उतारने के बाद आरोपी पिता वापस घर पहुंचा। वहां उसने रात का खाना खाया और महज 10 मिनट के भीतर सल्फास की गोलियां निगल लीं। जब मोहला निवासीयो ने पुलिस को सूचना दी और दोनों को अस्पताल ले जाया गया, तो डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मृतक बेटे एक ड्राइवर का कम करता था और अनमैरिड था।मृतक की दो बहनें हैं जिनमें से एक इंग्लैंड (पुष्पिंदर) और दूसरी कनाडा (हरप्रीत कौर) में रहती है। बताया जा रहा है कि करीब 5 साल पहले उनकी माता का देहांत हो गया था विवाद की जड़: दूसरी शादी और पुराना क्लेश पारिवारिक मेंबर और स्थानीय सूत्रों के मुताबिक परिवार में पिछले 3 साल से काफी झगड़ा चल रहा था। अफेयर और शादी की जिद मृतक पिता पिछले 3 साल से किसी महिला के संपर्क में था और दूसरी शादी करना चाहता था,जिसका बेटा कड़ा विरोध कर रहे थे। आरोपी पिता सुरिंदर फ़ौज से करीब 25 साल पहले हवलदार के पद से रिटायर्ड हुए थे और वर्तमान में एक प्राइवेट बैंक में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी कर रहे थे। पुलिस की कार्रवाई सूचना मिलते ही पुलिस टीम और फोरेंसिक एक्सपर्ट्स मौके पर पहुंचे। पुलिस ने लाइसेंसी हथियार को कब्जे में ले लिया है। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है कि क्या इस खूनी संघर्ष के पीछे कुछ और भी कारण थे।
हरियाणा के पानीपत में बहू के पहनावे और मारपीट से तंग आकर सास-ससुर के सुसाइड केस में नई बातें सामने आई हैं। परिवार के लोगों ने बताया कि स्नेहा से शादी करने के बाद बेटे आशीष के भी व्यवहार में बदलाव आ गया था। वो मां सुमन और पिता राजेश की बात सुनने को तैयार नहीं था। उसकी पत्नी स्नेहा गांव में छोटे कपड़े पहनकर निकलती तो दोनों को अच्छा नहीं लगता था। जब सास-ससुर टोकते तो वो झगड़ने लगती थी। इतना ही नहीं, परिवार के लोगों ने बताया कि स्नेहा पब-बार में जाने की शौकीन थी। शादी के बाद भी उसने वहां जाना नहीं छोड़ा। उसे पब में जाने से रोका-टोका जाता था, लेकिन वह नहीं मानी। बेटे को रोकने को कहते थे, तो वह सुनवाई नहीं करता था। रोक टोक के चलते बहू ने सास को टॉर्चर भी करना शुरू कर दिया था। वहीं, जहर खाने के बाद गंभीर हालत में सास सुमन ने भी अपना बयान दिया था। जिसने उसने कहा था कि लड़के की पत्नी ने, लड़के की सास-ससुर और साली ने इतना परेशान कर दिया था कि मजबूरी में ये सब करना पड़ा। सिलसिलेवार पढ़िए, प्यार-शादी और सुसाइड तक की कहानी… इंस्टाग्राम पर रील्स बनाती, वहीं से प्यार हुआ, फिर शादी परिजनों ने बताया कि राजेश और सुमन का इकलौता बेटा आशीष है। आशीष की पहचान दिल्ली की रहने वाली स्नेहा से फेसबुक और इंस्टाग्राम के जरिए हुई थी। दोनों करीब दो साल तक रिलेशनशिप में रहे। इसके बाद जनवरी 2025 में उन्होंने परिवार की रजामंदी से लव-कम-अरेंज मैरिज की थी। लेकिन शादी के कुछ महीने बाद ही बहू और सास-ससुर में विवाद शुरू हो गया। दिल्ली का कल्चर छोड़ने को राजी थी बहू परिजनों ने बताया कि बहू दिल्ली के मॉडर्न परिवार में पली-बढ़ी थी और वह शादी के बाद गांव के माहौल में ढलने को तैयार नहीं थी। वह दिल्ली का कल्चर छोड़ना नहीं चाहती थी। उसके पहनावे और रील्स बनाने के शौक को लेकर अक्सर सास-ससुर टोका-टाकी करते थे, जो धीरे-धीरे बड़े क्लेश का रूप लेने लगा। गहने नहीं दोगे तो चैन से जीने नहीं दूंगी मृतक राजेश के बड़े भाई रमेश वर्मा ने पुलिस को बताया कि उनके छोटे भाई राजेश ने अपने इकलौते बेटे आशीष की शादी जनवरी 2025 में दिल्ली (नवादा) की रहने वाली स्नेहा के साथ की थी। आरोप है कि शादी के कुछ समय बाद ही स्नेहा ने अपने माता-पिता और बहन के कहने पर घर में क्लेश शुरू कर दिया। वह अक्सर सास-ससुर को धमकी देती थी कि यदि उसे और जेवर नहीं दिए गए, तो वह उन्हें चेन से जीने नहीं देगी। आत्महत्या से ठीक पहले भाई को किया फोन शिकायतकर्ता रमेश के अनुसार, शनिवार (9 मई) की सुबह उनके भाई राजेश का फोन आया था। राजेश ने रोते हुए फोन पर कहा- मैं अपने बेटे की बहू स्नेहा और उसके ससुराल वालों से बहुत ज्यादा परेशान हो चुका हूं, अब मैं जहर खा रहा हूं। यह कहकर राजेश ने फोन काट दिया। रमेश आनन-फानन में पानीपत से गांव नारा के लिए निकले, लेकिन रास्ते में ही उन्हें खबर मिली कि राजेश और उसकी पत्नी सुमन ने सल्फास निगल लिया है। इलाज के दौरान दोनों ने तोड़ा दम जहर खाने के बाद दोनों को पहले निजी अस्पताल और फिर पानीपत के सिविल अस्पताल ले जाया गया। वहां डॉक्टरों ने सुमन (सास) को मृत घोषित कर दिया, जबकि राजेश को गंभीर हालत में रोहतक पीजीआई रेफर किया गया। रविवार (10 मई) सुबह रोहतक पीजीआई में इलाज के दौरान राजेश ने भी दम तोड़ दिया। एक ही घर में दो मौतों से पूरे गांव में भारी गुस्सा और शोक है। इन लोगों पर दर्ज कराई शिकायत घटना के बारे में मतलौडा थाना प्रभारी SI राकेश कुमार ने बताया कि मृतक राजेश के भाई रमेश की शिकायत की आधार पर आरोपी स्नेहा (बहू), सतीश वर्मा (बहू का पिता), मंजू (बहू की मां) और स्वीटी (बहू की बहन) के खिलाफ BNS की धारा 3(5) और 108 के तहत केस दर्ज कर लिया है। शवों का पोस्टमॉर्टम करवा कर परिजनों को सौंप दिए गए हैं। पुलिस मामले की आगामी कार्रवाई कर रही है।
मध्य प्रदेश में दो टर्फ और एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन (चक्रवात) के एक्टिव होने से सोमवार को भी आंधी-बारिश का दौर रहेगा। मंडला, सिवनी समेत 8 जिलों में अलर्ट है। दूसरी ओर, भोपाल, इंदौर और उज्जैन संभाग में तेज गर्मी पड़ेगी। रविवार को रतलाम में पारा रिकॉर्ड 45.5 डिग्री सेल्सियस पहुंच चुका है। IMD (मौसम केंद्र) भोपाल के अनुसार, सोमवार को बैतूल, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, बालाघाट, मंडला, डिंडौरी और अनूपपुर में 30 से 40Km प्रतिघंटा की रफ्तार से आंधी चलने और बारिश होने का अनुमान है। ऐसा टर्फ-चक्रवात के एक्टिव होने से होगा। रविवार को तीन सिस्टम एक्टिव रहे। इस वजह से इंदौर, भोपाल, नर्मदापुरम, सागर, जबलपुर और शहडोल संभाग के 18 जिलों में मौसम बदला रहा। कहीं बादल छाए तो कहीं बूंदाबांदी भी हुई। आज इन जिलों में तेज गर्मी का असरमौसम विभाग के अनुसार, सोमवार को भोपाल, इंदौर, उज्जैन, रतलाम, राजगढ़, नीमच, मंदसौर, छतरपुर, भिंड, मुरैना, श्योपुर, दतिया, शिवपुरी, अशोकनगर, शाजापुर में तेज गर्मी पड़ेगी। रतलाम में रिकॉर्ड 45.5 डिग्री पारारविवार को प्रदेश के कई शहरों में तेज गर्मी पड़ी। रतलाम में इस सीजन मई में पहली बार पारा 45.5 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। यहां दिन का पारा लगातार दूसरे दिन प्रदेश में सबसे ज्यादा रहा। शाजापुर में 44 डिग्री, धार में 42.4 डिग्री, खंडवा में 42.1 डिग्री और नर्मदापुरम में तापमान 42 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। रायसेन, नरसिंहपुर, सागर और गुना में पारा 40 डिग्री से अधिक ही रहा। प्रदेश के 5 बड़े शहरों की बात करें तो उज्जैन में तापमान सबसे ज्यादा 42.4 डिग्री, भोपाल में 40.4 डिग्री, इंदौर में 41.9 डिग्री, ग्वालियर में 38.4 डिग्री और जबलपुर में 38.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कल से हीट वेव का अलर्टमौमस विभाग ने 12 मई से प्रदेश में हीट वेव यानी, लू का अलर्ट जारी किया है। इंदौर और उज्जैन संभाग के जिलों में लू चल सकती है। मई में पहली बार तेज गर्मी का दौरप्रदेश में 30 अप्रैल से आंधी-बारिश का दौर शुरू हो गया था। लगातार 11 दिन यानी, 10 मई तक प्रदेश में बारिश हुई। कभी वेस्टर्न डिस्टरबेंस (पश्चिमी विक्षोभ) का असर देखने को मिला तो कभी चक्रवात और टर्फ का। इस वजह से मई के पहले सप्ताह में बारिश हुई। 4 दिन ऐसा रहेगा मौसम… दिनभर पर्याप्त पानी पिएं, ज्यादा देर धूप में न रहेंगर्मी का असर बढ़ते ही मौसम विभाग ने बचाव की एडवाइजरी भी जारी की है। लोगों से कहा गया है कि वे दिनभर पर्याप्त पानी पिएं और शरीर को हाइड्रेट रखें। दोपहर के समय लंबे समय तक धूप में न रहे। हलके वजन और रंग के सूती कपड़े पहनें। बच्चे और बुजुर्ग खासतौर पर ध्यान रखें। मई में MP के 5 बड़े शहरों में ऐसा ट्रेंड भोपाल में गर्मी के साथ बारिश होती हैभोपाल में मई के मौसम का ट्रेंड देखें तो 10 साल में तेज गर्मी के साथ बारिश का दौर भी देखने को मिला है। 2016 में तापमान 46.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था, जो अब तक का रिकॉर्ड है। वहीं, मई में बारिश भी होती रही है। 2014 से 2023 तक हर साल इस महीने बारिश दर्ज की गई। 2021 और 2023 में 2 इंच से ज्यादा पानी गिरा था। इस बार भी मई में बारिश का अलर्ट है। इंदौर में 2023 में गिरा था 3 इंच पानीइंदौर में भी मई में तापमान 46 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है। मौसम विभाग के अनुसार, 31 मई 1994 को यहां 46.6 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया था। इस महीने मौसम में बदलाव भी देखने को मिलता है। बादल छाने के साथ बौछारें पड़ती हैं। पिछले साल मई में करीब 3 इंच बारिश हुई थी। वहीं 2014 से 2023 के बीच 9 बार मई में बारिश हुई। ग्वालियर में 48 डिग्री के पार पहुंच चुका पाराग्वालियर में प्रदेश के अन्य बड़े शहरों की तुलना में ज्यादा गर्मी पड़ती है। 10 वर्षों में यहां तापमान एक बार 47 डिग्री सेल्सियस और तीन बार 46 डिग्री के पार पहुंच चुका है। 30 मई 1947 को यहां 48.3 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया था, जो रिकॉर्ड है। वहीं, मौसम में बदलाव के कारण मई में बारिश भी होती है। 17 मई 1953 को 24 घंटे में सर्वाधिक 41.9 मिमी (करीब डेढ़ इंच) बारिश रिकॉर्ड की गई थी। 2023 में भी यहां ढाई इंच पानी गिरा था। जबलपुर में 3 बार 45 डिग्री पार कर चुका तापमानजबलपुर की बात करें तो यहां 25 मई 1954 को तापमान 46.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था, जो रिकॉर्ड है। 10 वर्षों में तीन बार पारा 45 डिग्री सेल्सियस के पार गया है। मई में यहां बारिश का ट्रेंड भी देखने को मिलता है। 2014 से 2023 तक हर साल इस महीने बारिश हुई। वर्ष 2021 में मई के दौरान 3 इंच से ज्यादा बारिश हुई थी, जबकि पिछले साल करीब 2 इंच पानी गिरा था। उज्जैन में भी गर्मी, बारिश का ट्रेंडउज्जैन में भी मई महीने में गर्मी और बारिश दोनों का ट्रेंड देखने को मिलता है। 22 मई 2010 को यहां तापमान रिकॉर्ड 46 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचा था। वहीं, 2014 से 2023 के बीच एक बार पारा 45 डिग्री सेल्सियस के पार गया। हालांकि, पिछले साल तापमान 42.4 डिग्री सेल्सियस से ज्यादा नहीं पहुंचा। मई में यहां बारिश भी होती है। पिछले साल इस महीने करीब पौन इंच पानी गिरा था।
मध्य प्रदेश में एससी-एसटी एक्ट के 5423 मुकदमे 5 साल से अधिक समय से लंबित हैं। प्रदेश की विभिन्न अदालतों में चल रहे इन मामलों में सबसे ज्यादा केस जबलपुर में हैं। यहां 909 प्रकरण लंबित हैं। जबकि सागर 842 केस के साथ दूसरे नंबर पर है। सबसे कम संख्या नर्मदापुरम, खंडवा और हरदा की है। यहां सिर्फ एक-एक केस 5 साल से ज्यादा समय से लंबित है। पुराने मामलों की बढ़ती पेंडेंसी के चलते अब इन्हें जल्द सुलझाने के लिए मध्य प्रदेश सरकार जुट गई है। हाल ही में लोक अभियोजन संचालनालय भोपाल ने सभी संबंधित अधिकारियों को इन पुराने प्रकरणों को प्राथमिकता के आधार पर जल्द निपटाने के सख्त निर्देश जारी किए हैं। आठ जिलों में एक भी केस 5 साल पुराना नहीं दूसरी ओर, प्रदेश के आलीराजपुर, अनूपपुर, बड़वानी, बुरहानपुर, दतिया, झाबुआ, सीहोर और श्योपुर जिलों में एससी-एसटी एक्ट से जुड़ा एक भी मामला 5 साल से ज्यादा पुराना नहीं है। इन जिलों में 5 से कम केस9 जिले ऐसे हैं जहां 5 साल से ज्यादा समय से 5 से कम केस पेंडिंग हैं। कटनी में चार, टीकमगढ़, नीमच, मंदसौर, डिंडोरी, धार में दो-दो और नर्मदापुरम, खंडवा, हरदा में एससी-एसटी एक्ट का एक केस पांच साल से ज्यादा समय से लंबित है। लंबित मामलों के लिए चलेगी स्पेशल ड्राइव लोक अभियोजन संचालनालय के इस पत्र के बाद अब सभी जिलों में इन पुराने लंबित मामलों पर स्पेशल ड्राइव चलाई जाएगी। अभियोजन विभाग के अधिकारी अब अदालतों में इन मामलों की नियमित सुनवाई सुनिश्चित करेंगे, गवाहों को कोर्ट में पेश करवाएंगे, दस्तावेज पूरे करवाएंगे और जहां संभव हो वहां समझौता या तथ्यों के आधार पर तेज फैसला दिलाने का प्रयास करेंगे। चूंकि ये मामले न्यायालय में विचाराधीन हैं, इसलिए अभियोजन पक्ष केवल सहयोगी भूमिका निभा सकता है। ऐसे में इन मामलों के जल्द निपटारे के लिए नियमित सुनवाई सुनिश्चित करने, गवाहों के बयान कराने, अतिरिक्त सबूत जुटाने के साथ ही जिन केसों में दोनों पक्ष राजी हैं वहां शांति से समझौते कराए जा सकते हैं। इसके साथ ही स्पेशल कोर्ट के जरिए ट्रायल में तेजी लाई जा सकती है। यह खबर भी पढ़ें… NCRB रिपोर्ट 2024-MP में हर 3 घंटे में एक रेप नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) ने ‘क्राइम इन इंडिया 2024’ रिपोर्ट जारी की है। रिपोर्ट में एमपी की स्थिति चिंताजनक बताई गई है। अनुसूचित जनजाति (ST) के खिलाफ अपराध के मामलों में मध्य प्रदेश देश में पहले नंबर पर है। पूरी खबर यहां पढ़ें...
राजस्थान, गुजरात और मध्य प्रदेश में एक बार फिर गर्मी लौट आई है। रविवार को राजस्थान के बाड़मेर, जैसलमेर और फलोदी में तापमान 46C के पार पहुंच गया है। बाड़मेर सबसे गर्म शहर रहा, यहां 46.7C तापमान दर्ज किया गया। मौसम विभाग के मुताबिक, राजस्थान और मध्य प्रदेश में आज हीट वेग का अलर्ट है। रतलाम में दिन का तापमान 44C पर पहुंच गया है। भोपाल, इंदौर और उज्जैन में 2 से 4C तक पारा बढ़ेगा। यूपी में पिछले दो दिन में 5C तक तापमान बढ़ा। राज्य में झांसी सबसे गर्म रहा, यहां तापमान 40.5C रिकॉर्ड किया गाय। दो दिन पहले पारा 34.8C रिकॉर्ड किया गया था। छत्तीसगढ़, बिहार और झारखंड में भी आंधी-बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। इन राज्यों में तेज हवा के साथ बारिश हो सकती है। रविवार को असम की राजधानी गुवाहाटी में तेज बारिश हुई। इधर, गृह मंत्री अमित शाह ने बढ़ती गर्मी और मानसून से पहले बाढ़ के खतरे को देखते रविवार को अधिकारियों के साथ हाई लेवल बैठक की। देशभर में गर्मी और हीटवेव का हाल मैप में देखिए अगले दो दिन मौसम का हाल 12 मई: 13 मई: देशभर से मौसम से जुड़ी 4 तस्वीरें
बढ़ती गर्मी के साथ ही शहर के तालाबों का जलस्तर कम हो रहा है। आसपास के भू-जल स्तर पर भी इसका असर दिखने को मिल रहा है। शहर में कई जगह पानी की समस्या से लोग जूझ रहे है। हालांकि नगर निगम टैंकरों से पानी की सप्लाई कर रहा है, लेकिन पानी की समस्या बनी हुई है। पानी की समस्या को देखते हुए नगर निगम शहर के तालाबों में बारिश के पहले किए जाने वाले काम कर रहा है, ताकि बारिश के पानी को ज्यादा सहेजा जा सके। इसका काम भी शुरू हो गया है। बारिश के पहले तालाबों का काम करना है नगर निगम कमिश्नर क्षितिज सिंघल ने कहा कि गर्मी में तालाबों में लगातार पानी कम हो रहा है। तालाबों के गहरीकरण और जीर्णोद्धार के काम होना है, जल गंगा संवर्धन अंतर्गत भी काम किया जा रहा है। बिलावली, लिंबोदी और छोटा सिरपुर में अमृत 2 में जो काम स्वीकृत हुए है उनका भी काम शुरू हो गया है। जनभागीदारी और सीएसआर के माध्यम से भी काम कराए जा रहे हैं। उनका कहना है कि जो काम बारिश के पहले होना है वह पहले कराएंगे। कुछ काम बाद में होंगे। जनता से की अपील निगम कमिश्नर ने बारिश के पानी को सहेजने की अपील की भी है, ये हम सभी की जिम्मेदारी है। नगर निगम भी अपना प्रयास कर रहा है। उन्होंने जनता से अपील की है कि उनके जो स्ट्रक्चर है, वहां बारिश के पानी को सहेजना का काम जरूर करें। वे बोले की कई बार उन्होंने निरीक्षण के दौरान देखा है कि लोग पाइप लगाकर पानी गाड़ी धोते हैं। अभी की स्थिति में ऐसा नहीं करना चाहिए और अपनी जिम्मेदारी निभाना चाहिए। बारिश के पानी को हम ग्राउंड तक ले जाए, ताकि अधिकतम उसका उपयोग हो।
हरियाणा में मौसम में बदलाव के बावजूद गर्मी का असर बना हुआ है। रविवार को प्रदेश का सबसे अधिक तापमान फरीदाबाद के बोपानी में 45.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, भिवानी में 42 डिग्री और सिरसा में 41.4 डिग्री तापमान रिकॉर्ड हुआ। मौसम विभाग का कहना है कि कुछ दिनों तक मौसम परिवर्तनशील बना रहेगा। मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश में 11 मई से 14 मई तक अलग-अलग जिलों में हल्की से मध्यम बारिश, गरज-चमक और तेज हवाएं चलने की संभावना है। इसके बाद मौसम के फिर से शुष्क होने के आसार हैं। आज से 14 तक मौसम में बदलाव मौसम विभाग ने विशेष रूप से 11 मई को कई क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने की संभावना जताई है। वहीं 10 मई तथा 12 से 14 मई के दौरान प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से हवा चल सकती हैं। लोगों को गर्मी से मिलेगी राहत विभाग के अनुसार, अगले तीन से चार दिनों के दौरान प्रदेश के अधिकतम तापमान में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है। हालांकि, बादलवाही और बीच-बीच में बारिश के चलते लोगों को भीषण गर्मी से कुछ राहत मिल सकती है। तेज हवाओं और गरज-चमक का अलर्ट मौसम विभाग ने पंचकूला, अंबाला और यमुनानगर जिलों में 11 मई को गरज-चमक और बिजली गिरने के साथ 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने की चेतावनी जारी की है। इसके अलावा कुरुक्षेत्र, कैथल, करनाल, सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, जींद और भिवानी जिलों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और गरज-चमक की संभावना जताई गई है। हल्की से मध्यम बारिश के आसार पूर्वानुमान के अनुसार, चंडीगढ़, पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, कैथल, करनाल, सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, जींद और भिवानी जिलों में अलग-अलग स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। बारिश और तेज हवाओं के कारण किसानों और आमजन को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। किसानों और आमजन के लिए एडवाइजरी मौसम विभाग ने गरज-चमक के दौरान लोगों को घरों से बाहर न निकलने की सलाह दी है। विभाग ने कहा है कि खराब मौसम के दौरान पेड़ों के नीचे शरण लेने से बचें और सुरक्षित स्थानों पर रहें। किसानों को भी सलाह दी गई है कि वे मौसम सामान्य होने तक खेतों में कृषि कार्य स्थगित रखें, ताकि किसी प्रकार की दुर्घटना से बचा जा सके।
शादी जैसे रिश्ते, जो कभी समझौते, भरोसे और साथ निभाने की मिसाल माने जाते थे, अब छोटी-छोटी पसंद-नापसंद की भेंट चढ़ते नजर आ रहे हैं। राजधानी भोपाल के परिवार परामर्श केंद्र में पहुंचे तीन मामलों ने बदलते रिश्तों की इसी हकीकत को उजागर किया। यहां कहीं भिंडी की सब्जी विवाद की वजह बनी तो कहीं रंग-रूप और बढ़ता वजन पति-पत्नी के बीच दूरियों का कारण बन गया। ये मामले बताते हैं कि संवाद और समझ की कमी मामूली बातों को भी कोर्ट-काउंसलिंग तक पहुंचा रही है। केस-1 भिंडी और सूखी सब्जी से शुरू विवाद कोर्ट तक पहुंचा भोपाल के एक दंपती का विवाद शुरुआत में बेहद साधारण लग रहा था, लेकिन धीरे-धीरे गंभीर रूप ले लिया। पत्नी ने काउंसलिंग सेंटर पहुंचकर रीता तुली से शिकायत की कि उसका पति उसे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित करता है और उसके बनाए खाने में हमेशा कमियां निकालता है। काउंसलर ने जब पति से बात की तो उसने अपनी तरफ की कहानी रखी। पति का कहना था कि उसने शादी से पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि उसे भिंडी और गीली सब्जियां बिल्कुल पसंद नहीं हैं, इसलिए वह चाहता था कि घर में ये चीजें न बनाई जाएं। पत्नी बार-बार वही सब्जियां बनाती रही। कई दौर की काउंसलिंग के बावजूद दोनों के बीच सहमति नहीं बन पाई। फॉलोअप सेशंस में भी पति की यही शिकायत बनी रही। अंततः स्थिति इतनी बिगड़ गई कि दोनों ने साथ रहने से इनकार कर दिया और मामला कोर्ट तक पहुंच गया। कोर्ट में अब कानूनी प्रक्रिया के जरिए समाधान तलाशा जा रहा है। केस-2 रंग-रूप से बनी दूरी, अलग होने का फैसला एक अन्य मामला भी भोपाल का ही है, जहां शादी के कुछ साल बाद पति-पत्नी के बीच रंग-रूप को लेकर गंभीर मतभेद पैदा हो गए। पत्नी ने काउंसलर से कहा कि उसका पति उसके “स्टैंडर्ड” का नहीं है और उसके साथ सार्वजनिक जगहों पर जाने में उसे शर्म महसूस होती है। वहीं पति ने अपनी सफाई में कहा कि शादी से पहले दोनों ने एक-दूसरे को देखा-समझा था और परिवार की सहमति से ही विवाह हुआ था। उसका कहना था कि अगर पत्नी को आपत्ति थी तो वह शादी से पहले मना कर सकती थी। तीन से चार साल तक यह रिश्ता चला और इस दौरान कई बार काउंसलिंग सेशन भी हुए। काउंसलर ने दोनों को समझाने की कोशिश की, लेकिन पत्नी अपने फैसले पर अडिग रही। अंततः दोनों ने आपसी सहमति से अलग होने का निर्णय लिया और अपने-अपने रास्ते चुन लिए। इस मामले में कोई संतान नहीं थी, जिससे निर्णय लेना अपेक्षाकृत आसान हो गया। केस-3 पत्नी बोली- पति पतला नहीं होगा तो नहीं रहूंगी तीसरा मामला भी भोपाल का ही है, जहां एक अरेंज मैरिज में पति का मोटापा विवाद की मुख्य वजह बन गया। पत्नी ने काउंसलिंग के दौरान कहा कि उसे अपने पति के मोटापे से समस्या है और वह उसके साथ सहज महसूस नहीं करती। काउंसलर ने जब उससे अन्य संभावित समस्याओं के बारे में पूछा जैसे आर्थिक दिक्कत, व्यवहार, या पारिवारिक दबाव तो उसने साफ किया कि ऐसी कोई समस्या नहीं है। उसकी एकमात्र आपत्ति पति का शारीरिक वजन था। काउंसलिंग के दौरान पत्नी को समझाया गया कि वह अपने पति का सहयोग कर सकती है। जैसे डाइट प्लान, एक्सरसाइज और लाइफस्टाइल सुधार के जरिए स्थिति बदली जा सकती है। पत्नी इस पर राजी नहीं हुई और उसने स्पष्ट कर दिया कि जब तक पति दुबला नहीं होगा वह उसके साथ नहीं रहेगी। कई सेशन के बाद भी जब कोई समाधान नहीं निकला तो दोनों के बीच दूरी बढ़ती गई और मामला अलगाव की ओर बढ़ गया। सिर्फ अलगाव तक सीमित नहीं रिश्तों में बढ़ती खटास अब सिर्फ तलाक और अलगाव तक सीमित नहीं रह गई है, बल्कि कई मामलों में यह महिलाओं के खिलाफ गंभीर अपराधों की वजह भी बन रही है। नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) की ‘क्राइम इन इंडिया 2024’ रिपोर्ट के अनुसार मध्यप्रदेश दहेज हत्या के मामलों में देश में तीसरे स्थान पर रहा। प्रदेश में वर्ष 2024 के दौरान दहेज हत्या के 450 मामले दर्ज किए गए। इनमें 232 मामले IPC और 218 मामले BNS की धाराओं के तहत दर्ज हुए। महिलाओं के खिलाफ अपराधों के मामलों में भी मध्यप्रदेश लगातार चौथे साल देश में पांचवें स्थान पर बना हुआ है। राज्य में 2024 में महिलाओं से जुड़े 32,832 मामले दर्ज किए गए, यानी हर दिन औसतन 90 से ज्यादा महिलाएं अपराध का शिकार हुईं। ये खबर भी पढ़ें… NCRB रिपोर्ट 2024-MP में हर 3 घंटे में एक रेप नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) ने ‘क्राइम इन इंडिया 2024’ रिपोर्ट जारी की है। रिपोर्ट में एमपी की स्थिति चिंताजनक बताई गई है। अनुसूचित जनजाति (ST) के खिलाफ अपराध के मामलों में मध्य प्रदेश देश में पहले नंबर पर है। रिपोर्ट के अनुसार हर तीन घंटे में एमपी में एक रेप का केस दर्ज हो रहा है। इसके अलावा हर दिन करीब 32 अपहरण हो रहे हैं।पूरी खबर पढ़ें
मूक-बधिर दंपती से जुड़े विवादों में सुलह और न्याय दिलाने के उद्देश्य से साइन लैंग्वेज एक्सपर्ट्स की मदद से इंसाफ मिलने का एक अनुकरणीय केस हुआ है। देश में यह मामला देश का पहला ऐसा मामला है जिसमें मूक-बधिर दंपती का ऑनलाइन समझौता हुआ है। खास बात यह कि इसमें इंदौर के साइन लैंग्वेज एक्सपर्ट ज्ञानेंद्र पुरोहित और अतुल राठौर ने उनकी समस्या जानी। फिर मेडिएशन रिपोर्ट शाजापुर कोर्ट में पेश की। कोर्ट ने इसे मजबूत आधार माना। दरअसल दंपती के परिवार के लोग उन्हें प्रपॉर्टी के मामले में उनका हक नहीं दे रहे थे। मीडिएशन के बाद वे तैयार हो गए और दंपती को इंसाफ मिल गया। इसके लिए साइन लैंग्वेज एक्सपर्टस ने उनकी दो बार ऑन लाइन मीडिएशन से सुनवाई की। इसमें दंपती के अलावा उनके परिवार (ससुराल पक्ष) के लोग भी शामिल हुए। उन्हें बताया कि दंपती भले ही मूक-बधिर हैं, लेकिन परिवार उन्हें कानूनन संपत्ति के हक वंचित नहीं कर सकता। वे भी संपत्ति के हकदार हैं। इसके साथ ही संपत्ति से जुड़े कानून को लेकर बताया गया। इस पर ससुराल पक्ष ने अपनी गलती मानी और प्रॉपर्टी से हिस्सा देने के लिए राजी हो गए। इसमें आखिरी सुनवाई 18 अप्रैल को हुई। इसके बाद एक्सपर्टस ने रिपोर्ट शाजापुर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोर्ट में पेश की।मामले में 18 अप्रैल को शाजापुर कोर्ट ने ने रिपोर्ट को आधार माना और दंपती को न्याय मिला। ससुराल पक्ष उन्हें संपत्ति का हक देने के लिए तैयार हो गया है। ससुराल पक्ष ने दंपती के घर की बिजली भी काट दी थी उसे भी फिर से चालू कर दिया गया। अब दंपती खुश हैं। तलाक लेने के लिए उतारू हैं दंपती दूसरा मामला एक अन्य मूक-बधिर दंपती का रहा। युवक मूलत: पांढुर्णा का है। शादी के बाद से ही दोनों में वैचारिक मतभेद बढ़ना शुरू हो गए और आए दिन विवाद होने लगे। पिछले साल दोनों ने तलाक के लिए इंदौर फैमिली कोर्ट की शरण ली। यहां दोनों अपना पक्ष सही तरीके से रख नहीं पा रहे थे। इस पर इंदौर के साइन एक्सपर्ट्स की मदद ली गई। 8 मई को इसमें पहली बार मेडिएशन हुआ। इसमें एक पक्ष तलाक न देने के लिए पूरी तरह सहमत हो गया जबकि दूसरा पक्ष अभी पूरी तरह सहमत नहीं है। इसकी अगली सुनवाई 27 जून को होगी। साइन लैंग्वेज के जरिए न्याय दिलाने की तैयारी दरअसल देश में पहली बार मूक-बधिरों को साइन लैंग्वेज के माध्यम से न्याय दिलाने की तैयारी हो गई है। मप्र हाई कोर्ट ने मूक-बधिरों के सालों से पेंडिंग केसों के जल्द निराकरण के लिए 28 लोगों की स्पेशल टीम बनाई है। इन 28 मीडिएटर्स में 21 मूक-बधिर हैं और 7 साइन लैंग्वेज एक्सपर्ट हैं। इस टीम में 9 महिलाएं भी हैं। ये मूक-बधिरों के वैवाहिक, पारिवारिक और संपत्ति से जुड़े विवादों को कोर्ट से बाहर आपसी सहमति से सुलझाएंगे। इन स्पेशल 28 को सुप्रीम कोर्ट से भी हरी झंडी मिल गई है। इसलिए देश में कोई भी मूक-बधिर अपने फैमिली या सिविल विवादों में इनकी मदद ले सकेगा। सांकेतिक भाषा में हल होंगे मूक-बधिरों के विवाद मप्र हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा के नेतृत्व में मध्य प्रदेश विधिक सेवा प्राधिकरण के कार्यकारी अध्यक्ष जस्टिस विवेक रूसिया के मार्गदर्शन में 1 अप्रैल से एक्सपर्ट मीडिएटर्स ने मध्यस्थता शुरू भी कर दी है। चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया जस्टिस सूर्यकांत 16 मई को जबलपुर आ रहे हैं। संभवतः इसी दिन मप्र में मूक-बधिरों के लिए 5 स्पेशल मीडिएशन सेंटर इंदौर, भोपाल, जबलपुर, रीवा और सीधी में शुरू होंगे। किस शहर में कहां होंगे सेंटर स्पेशल-28 में 8 इंदौर से राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव सुमन श्रीवास्तव ने बताया कि 1 अप्रैल से मीडिएशन शुरू होने की जानकारी मिलने के बाद गुजरात और दिल्ली से भी पारिवारिक विवाद से जुड़े दो केसों के पक्षकारों ने स्पेशल-28 से संपर्क किया है।
जोधपुर के सरदारपुरा क्षेत्र के 12वीं रोड इलाके में एक युवक पर हमला किया गया। कार में सवार होकर आए बदमाशों ने पहले युवक को टक्कर मारी, उसके बाद गाड़ी से उतरकर उसके साथ मारपीट की। जिसमें वो घायल हो गया। फिलहाल युवक का मथुरादास माथुर हॉस्पिटल में इलाज किया जा रहा है। हमले का कारण आपसी रंजिश बताई जा रही है। प्राप्त जानकारी के मुताबिक दो गुटों का आपस में विवाद चल रहा है। इसके चलते पूर्व में भी दोनों पक्षों के बीच मारपीट हो चुकी है। इसी के तहत रविवार सुबह एक युवक शाहरुख दल्ले खान की चक्की के पास से निकल रहा था। उसके साथ एक ओर लड़का भी बाइक पर सवार था। 12वीं रोड के निकट पीछे से आई एक स्विफ्ट कार ने दोनों को टक्कर मारी जिससे दोनों नीचे गिर गए ल। इसके बाद एक और कार आई जिसने उसे टक्कर मारी। उसके बाद कार से उतर कर आए बदमाशों ने उसके साथ मारपीट कर डाली बाद में वह फरार हो गए। मारपीट में युवक शाहरूख घायल हो गया जिसे इलाज के लिए मथुरादास माथुर हॉस्पिटल लाया गया। जहां उसका इलाज किया जा रहा है।
राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज सुबह बनारस पहुंच रहे हैं। काशी विश्वनाथ धाम में ‘सोमनाथ संकल्प महोत्सव’ कार्यक्रम में शामिल होकर दोनों लोग लौट जाएंगे। सीएम और राज्यपाल लगभग साढ़े तीन घंटे तक यहां रहेंगे। सीएम और राज्यपाल के आगमन को लेकर लगभग 5 घंटे का डायवर्जन एडवाइजरी और रूट प्लान जारी किया गया है। आगमन, भ्रमण एवं प्रस्थान के दौरान मैदागिन और काशी विश्वनाथ मार्ग पर कड़े सुरक्षा इंतजाम रहेंगे। मैदागिन से गोदौलिया मार्ग नो व्हीकल जोन रहेगा। उन्हें सड़क मार्ग से विश्वनाथ धाम जाना है इसलिए 9 बजे से ही रूट डायवर्ट कर दिए जाएंगे। संपूर्णानंद से 3 घंटे पहले ही टेम्पो ट्रेवलर, आर्मेनिया बसें, क्रूजर आदि लहुराबीर, मैदागिन की तरफ नही जाएंगे। इन वाहनो को लकड़ीमण्डी की तरफ डायवर्ट कर दिया जायेगा। विशेश्वरगंज तिराहा से 1 घंटे पहले वाहन रोक दिए जाएंगे। पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल ने रविवार रात राज्यपाल और मुख्यमंत्री के कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा, यातायात एवं भीड़ प्रबंधन व्यवस्था को लेकर अधिकारियों के साथ चर्चा की। ब्रीफिंग के दौरान वीआईपी मूवमेंट पर रूट डायवर्जन योजना का प्रभावी क्रियान्वयन, निर्बाध यातायात व्यवस्था एवं जाम की स्थिति रोकने की बात कही। कार्यक्रम स्थल एवं वीआईपी मार्ग पर सघन चेकिंग, फ्रिस्किंग एवं प्रत्येक व्यक्ति तथा वाहन की कड़ी जांच सुनिश्चित करने को कहा गया। भीड़ नियंत्रण के दौरान नो टच पॉलिसी के पालन, महिला प्रबंधन महिला पुलिसकर्मियोंकी तैनाती, अस्थायी पार्किंग व्यवस्था का निर्देश दिया। रूफटॉप ड्यूटी, सीसीटीवी एवं ड्रोन कैमरों से निगरानी तथा नो फ्लाई जोन के सख्ती से अनुपालन की गाइडलाइन दोहराई। साथ ही सभी पुलिसकर्मियों को अच्छे टर्न-आउट, सतर्कता, अनुशासन एवं आमजन के साथ विनम्र एवं संवेदनशील व्यवहार बनाए रखने हेतु निर्देशित किया गया। इस दौरान अपर पुलिस आयुक्त कानून-व्यवस्था एवं मुख्यालय शिवहरी मीणा, अपर पुलिस आयुक्त अपराध आलोक प्रियदर्शी, डीसीपी काशी, डीसीपी वरुणा और डीसीपी गोमती, सभी एडीसीपी और एसीपी समेत राजपत्रित अधिकारी, प्रशासनिक अधिकारी, थाना प्रभारी एवं अन्य अधिकारी/कर्मचारीगण उपस्थित रहे। वाराणसी में इस ट्रैफिक प्लान को देखकर घर से निकलें - संपूर्णांनंद गेट से 3 घंटे पहले टेम्पो ट्रेवलर, आर्मेनिया बसें, क्रूजर आदि वाहन मैदागिन नही जाएंगे। - विशेश्वरगंज तिराहा से चार पहिया वाहन मैदागिन नही जाएंगे, इन्हें गोलगड्डा तिराहा भेजा जाएगा। - गोदौलिया चौराहा से कोई वाहन मैदागिन चौराहा की तरफ नही जाने दिया जायेगा। - मरीमाई तिराहा से तेलियाबाग तिराहा की तरफ वाहन नहीं जाने दिया जायेगा, इन्हें अन्ध्रापुल चौराहा/ मलदहिया चौराहा की तरफ डायवर्ट किया जाएगा। - मलदहिया चौराहा से वाहन को लहुराबीर चौराहा की तरफ नही जायेगा, मरीमाई तिराहा/साजन तिराहा/इंग्लिशिया लाइन तिराहे डायवर्ट किया जायेगा। - पिशाचमोचन तिराहा से वाहन को लहुराबीर चौराहा नहीं भेजकर मलदहिया चौराहा की तरफ डायवर्ट कर दिया जायेगा। - थाना चेतगंज से वाहन को लहुराबीर चौराहा की तरफ नही जाने दिया जायेगा, बेनिया तिराहा डायवर्ट कर दिया जायेगा। - सोनारपुरा तिराहा से चार पहिया वाहन एवं जंगमबाड़ी से दो पहिया वाहन को गोदौलिया चौराहा की तरफ नहीं जाएंगे। - गिलट बाजार से वाहन को भोजूबीर सब्जी मंडी तिराहा नहीं जाएंगे, इन्हें शिवपुर चुंगी तिराहा की तरफ डायवर्ट कर दिया जायेगा।
एंबुलेंस चालक को बंधक बनाकर पीटा:नेपाली मरीज को भर्ती न कराने पर दलाल ने की हरकत, मोबाइल-करेंसी लूटी
लखनऊ के गाजीपुर इलाके में शनिवार देर रात अस्पताल में मरीज भर्ती कराने को लेकर एंबुलेंस चालक के साथ मारपीट और लूट का मामला सामने आया है। आरोप है कि एक दलाल ने नेपाली मरीज को मनमुताबिक अस्पताल में भर्ती न कराने पर एंबुलेंस चालक को करीब एक घंटे तक बंधक बनाकर पीटा। इस दौरान एंबुलेंस में लेटा मरीज ऑक्सीजन खत्म होने से तड़पता रहा। आरोपी चालक का मोबाइल और नेपाली करेंसी लूटकर फरार हो गया। पुलिस ने पीड़ित की तहरीर पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। नेपाल के बांके जिले के नेपालगंज गांव निवासी दिनेश राणा एंबुलेंस चालक हैं। दिनेश के मुताबिक वह अक्सर नेपाल से मरीजों को लेकर इलाज के लिए लखनऊ आते हैं। शुक्रवार रात वह एक नेपाली मरीज को लेकर लखनऊ पहुंचे थे, लेकिन अस्पताल में भर्ती न होने पर शनिवार देर रात मरीज को वापस नेपाल लेकर जा रहे थे। दिनेश ने बताया कि रात करीब तीन बजे गाजीपुर थाना क्षेत्र के इस्माइलगंज इलाके में एक कार सवार युवक ने उनकी एंबुलेंस ओवरटेक कर रोक ली। आरोप है कि कार सवार लकी सिंह ने उन्हें एंबुलेंस से खींचकर बाहर निकाला और मरीज को अपने बताए अस्पताल में भर्ती कराने का दबाव बनाने लगा। विरोध करने पर आरोपी ने डंडों से उनकी पिटाई शुरू कर दी। इस दौरान एंबुलेंस में मौजूद मरीज का ऑक्सीजन सिलेंडर खत्म होने लगा और उसकी हालत बिगड़ने लगी। पीड़ित चालक के मुताबिक वह आरोपी से लगातार छोड़ने की गुहार लगाते रहे, लेकिन आरोपी नहीं माना। करीब एक घंटे तक बंधक बनाकर मारपीट करने के बाद आरोपी उनका मोबाइल फोन और 10 हजार रुपये की नेपाली करेंसी लूटकर फरार हो गया। पीड़ित का आरोप है कि आरोपी खुद को कभी स्वास्थ्य मंत्री का पीआरओ बताता है तो कभी किसी बड़े व्यक्ति का करीबी बताकर धौंस जमाता है। चालक ने यह भी दावा किया कि घटना के समय आरोपी के पास हथियार भी था, जिससे वह काफी डरे हुए हैं। एसीपी गाजीपुर ए. विक्रम सिंह ने बताया कि पीड़ित को चोटें आई हैं। तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। जल्द आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
कवियों ने झकझोर दिया अंतर्मन:कवि सम्मेलन व मुशायरे में प्रेम, बिछोह की लाइनों पर खूब बरसीं तालियां
गोरखपुर जर्नलिस्ट्स प्रेस क्लब की ओर से आयोजित कवि सम्मेलन व मुशायरे में कवियों ने दर्शकों के अंतर्मन को झकझोर दिया। हिन्दी पत्रकारिता के 200 साल पूरे होने के उपलक्ष्य में गोरखपुर जर्नलिस्ट्स प्रेस क्लब के सभागार में आयोजित इस कार्यक्रम में प्रेम, बिछोह की लाइनों पर खूब तालियां बरसीं। लगभग 3:15 घंटे तक चले आयोजन में प्रदेश के विभिन्न शहरों से कवि व शायर आए थे। उन्होंने सामाजिक बुराइयो पर भी चोट की। लोकतंत्र में आवाज उठाने की महत्ता को प्रभावी ढंग से रखा गया। पूरे कार्यक्रम में दर्शक मौजूद रहे और पसंदीदा लाइनों पर खूब तवज्जो दी। कवयित्री विभा सिंह ने अपनी काव्य प्रस्तुति में भक्ति, प्रेम और संवेदना के भावों को बड़ी खूबसूरती से पिरोया। उनकी कविताओं ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। 'प्यार दुख है ना बाधा है प्यार बिन हर मनुष्य आधा है' पर खूब तालियां बजीं। प्रयागराज से आए आनंद श्रीवास्तव ने बचपन की यादों को ताजा करते हुए मां पर कविता सुनाई। 'फर्ज बेटे ने यूं निभाया है, घर में कैमरा लगाया है, एक मुद्दत से घर नहीं आया है' के जरिए उन माता-पिता की स्थितियों को बयां करने की कोशिश की, जिनके बच्चे विदेश में रह रहे हैं। वीरेंद्र मिश्र दीपक, आचार्य मुकेश, सुजीत पांडेय, भालचंद त्रिपाठी, बालादीन बेसहारा ने अपनी कविताओं से लोगों का ध्यान आकृष्ट किया। राजेश सिंह बसर ने लोकतंत्र में जनता के हक की आवाज को शब्दों में पिरोया तो खूब तालियां बजीं। संचालन फर्रुख जमाल ने किया। कार्यक्रम के अंत में सभी आमंत्रित कवियों एवं शायरों को अंगवस्त्र एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। गोरखपुर जर्नलिस्ट्स प्रेसक्लब के अध्यक्ष ओंकार धर द्विवेदी ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि 30 मई को हिन्दी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूर्ण हो रहे हैं, जिसके क्रम में यह कार्यक्रम आयोजित किया गया है और आगे भी पत्रकारों के ज्ञानवर्धन व साहित्यिक कार्यक्रम लगातार आयोजित किए जाते रहेंगे।कार्यक्रम में वरिष्ठ पत्रकार जगदीश लाल श्रीवास्तव, गोरखपुर जर्नलिस्ट्स प्रेस क्लब के पूर्व अध्यक्ष अरविंद राय, पूर्व अध्यक्ष अशोक चौधरी, पूर्व अध्यक्ष रीतेश मिश्र, पूर्व उपाध्यक्ष अजीत यादव, मृत्युंजय शंकर सिन्हा, मनोज यादव, कुंदन उपाध्याय, पूर्व मंत्री विजय जायसवाल, धीरज श्रीवास्तव, वरिष्ठ पत्रकार अजय शंकर त्रिवेदी, उत्तम दुबे, शैलेन्द्र श्रीवास्तव, टीपी शाही, बच्चा पांडेय, आलोक शुक्ला, सतीश पांडेय, दामोदर उपाध्याय, मुर्तजा हुसैन, अनवर अली, जावेद, तनवीर अहमद, हरेंद्र दुबे, राजेश सोनकर, हरिकेश सिंह ,अशोक राव, संजय दुबे, प्रमोद सिंह आदि लोग उपस्थित रहे।
स्वतंत्रता संग्राम सेनानी और पांच बार सांसद रहे सेठ अचल सिंह की 132वीं जयंती पर रविवार को पचकुइयां स्थित माथुर वैश्य सभागार में अचल ट्रस्ट की ओर से भव्य समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में गांधीवादी विचारधारा, सामाजिक समरसता और जनसेवा के मूल्यों पर वक्ताओं ने विस्तार से अपने विचार रखे। समारोह का शुभारंभ कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय, पूर्व मंत्री प्रदीप जैन आदित्य, ट्रस्ट अध्यक्ष शशि शिरोमणि, राजीव अग्रवाल और मनोज कुमार जैन वोहरा ने सेठ अचल सिंह के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन कर किया।संगीत कला केंद्र के कलाकारों ने प्रतिभा केशव तालेगांवकर के निर्देशन में गांधीजी का प्रिय भजन “वैष्णव जन तो तेने कहिए” प्रस्तुत किया, जिससे सभागार का माहौल भक्तिमय हो गया। मुख्य अतिथि अजय राय ने अपने संबोधन में कहा कि देश में सेवा और त्याग की राजनीति की सबसे ज्यादा जरूरत है। उन्होंने आरोप लगाया कि वोट के बदले सामान बांटकर लोकतंत्र को कमजोर किया जा रहा है। उन्होंने कहा, “हम राहुल गांधी के सिपाही हैं, जनता की आवाज दबने नहीं देंगे। संघर्ष और कुर्बानी से पीछे नहीं हटेंगे।” अजय राय ने दावा किया कि वाराणसी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को कड़ी चुनौती मिली थी और आने वाले समय में जनता भाजपा को जवाब देगी। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे प्रदीप जैन आदित्य ने प्रदेश सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि विकास केवल कागजों तक सीमित है। उन्होंने आगरा में पानी, बिजली और सड़क जैसी समस्याओं का मुद्दा उठाते हुए स्मार्ट मीटर योजना को बड़ा घोटाला बताया। उन्होंने कहा कि सरकार दिखावे की राजनीति कर रही है, जबकि प्रदेश में शराब और भू-माफियाओं का प्रभाव बढ़ता जा रहा है।
पुलिस थाना करणी विहार और डीएसटी टीम जयपुर वेस्ट ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए आईपीएल टी-20 क्रिकेट मैच पर चल रहे ऑनलाइन सट्टे का भंडाफोड़ कर छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से पुलिस ने 4 लैपटॉप, 21 मोबाइल फोन सहित अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण एवं सट्टे से संबंधित सामग्री बरामद की है। डीसीपी वेस्ट प्रशांत किरण ने बताया कि आईपीएल-2026 के दौरान क्रिकेट मैचों पर सट्टेबाजी की लगातार मिल रही शिकायतों के बीच पुलिस को सूचना मिली थी कि धावास स्थित श्री बालाजी हाईट्स मल्टी स्टोरी बिल्डिंग के फ्लैट नंबर 105 में अवैध रूप से ऑनलाइन सट्टेबाजी संचालित की जा रही है। सूचना पर पुलिस टीम ने सर्च वारंट प्राप्त कर दबिश दी। मौके पर आरोपी राजस्थान रॉयल्स और गुजरात टाइटंस के बीच चल रहे आईपीएल टी-20 मैच पर ऑनलाइन सट्टा खिलवाते पाए गए। पुलिस के अनुसार आरोपी मोबाइल फोन और जूम एप्लीकेशन के माध्यम से ग्राहकों से संपर्क कर अंकों के जरिए रुपए दांव पर लगवा रहे थे। मौके से लाखों रुपए के हिसाब-किताब से संबंधित 7 नोटबुक भी बरामद की गईं। गिरफ्तार आरोपियों में हेमन्त आचार्य (40), नवीन आचार्य (41), पवन आसवानी (35), सन्नी खटवानी (32), हीरासिंह(32) और संजय शेरा(33) शामिल हैं। सभी आरोपी जोधपुर के विभिन्न क्षेत्रों के निवासी बताए गए हैं। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश किया, जहां से पुलिस रिमांड प्राप्त कर आगे की जांच की जा रही है।
ग्वालियर के बिजौली थाना क्षेत्र में बेखौफ बदमाशों ने लूट की एक सनसनीखेज वारदात को अंजाम दिया है। रविवार रात एक दंपति को कट्टा (अधिया) अड़ाकर बाइक सवार चार बदमाशों ने मंगलसूत्र और कान की झुमकी लूट ले गए। दंपति शादी समारोह में शामिल होने जा रहा था। बाइक सवारों ने पहले ओवरटेक कर रोका फिर कट्टा अड़ाकर कैश निकालने के लिए कहा। इसी समय सामने से कुछ वाहन आते देखे तो बदमाश झपट्टा मारकर मंगलसूत्र लूटकर भाग गए। घटना की शिकायत की गई है। पुलिस ने जांच के बाद रविवार रात को लूट का मामला दर्ज कर लिया है। सीने पर रखी अधिया और बोले-‘जो है निकाल दो’शहर के थाटीपुर स्थित न्यू आनंद नगर कॉलोनी में रहने वाले 42 वर्षीय भूपेंद्र सिंह सोनवार अपनी पत्नी अर्चना के साथ स्कूटी से कृपालपुर में एक रिश्तेदार की शादी में शामिल होने जा रहे थे। रात करीब 8 बजे जब वे तोरिया मोड़ के पास पहुंचे, तभी पीछे से आई एक बाइक ने उनका रास्ता रोक लिया। बाइक पर चार युवक सवार थे। एक बदमाश ने उतरते ही भूपेंद्र के सीने पर 'अधिया' (315 बोर का कट्टा) अड़ा दी और गोली मारने की धमकी देकर बोला, जो भी है निकाल दो। वाहन आता देख जेवर झपटकर भाग गएबदमाश जब लूटपाट कर रहे थे, तभी सामने से एक अन्य वाहन की लाइट दिखाई दी। पकड़े जाने के डर से बदमाशों ने जल्दबाजी में अर्चना के गले से सोने का मंगलसूत्र और कानों की झुमकी झपट लीं। झपट्टा इतना तेज था कि अर्चना के कानों में चोट भी आई है। वारदात के बाद बदमाश सुपावली गांव की तरफ फरार हो गए। दहशत में रहा दंपति दूसरे गांव पहुंचकर रोकी स्कूटीहथियारबंद बदमाशों के हमले से दंपति इस कदर डर गए कि उन्होंने बीच रास्ते में रुकने की हिम्मत नहीं की। उन्होंने अपनी स्कूटी दौड़ाई और काफी दूर दूसरे गांव पहुंचने के बाद ही अपनी जान सुरक्षित समझी और पुलिस को फोन किया। लूटे गए जेवर का वजन करीब सवा तोला बताया जा रहा है। CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिसघटना की सूचना मिलते ही बिजौली थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने हुलिए के आधार पर घेराबंदी की है और रास्ते के CCTV कैमरों की जांच की जा रही है। पीड़ितों ने बताया कि एक आरोपी मोटा और एक लंबा था, जिसके बाल एक तरफ से छोटे-बड़े कटे हुए थे। थाना प्रभारी बिजौली मिर्जा आसिफ बेग का कहनादंपति की शिकायत पर अज्ञात बदमाशों के खिलाफ लूट का मामला दर्ज किया गया है। आरोपियों की धरपकड़ के लिए टीमें रवाना की गई हैं। जल्द ही बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
इंदौर में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता सुनिश्चित करने के लिए खाद्य सुरक्षा प्रशासन ने रविवार को दो आइसक्रीम निर्माण इकाइयों पर औचक कार्रवाई की। संयुक्त जांच दल ने निरीक्षण के दौरान कुल 10 खाद्य नमूने जांच के लिए लिए। एक फैक्टरी का निर्माण कार्य बंद करा दिया गया, जबकि दूसरी इकाई को नोटिस जारी करने की तैयारी की जा रही है। खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने सबसे पहले चैंपियंस आइसक्रीम एंड फ्रोजन फूड फैक्टरी का निरीक्षण किया। जांच के दौरान संचालक नीलेश विश्वकर्मा मौजूद मिले। अधिकारियों को फैक्टरी में कई गंभीर अनियमितताएं मिलीं। इकाई के पास निर्माण का वैध लाइसेंस नहीं था। पैकेजिंग सामग्री पर लेबलिंग संबंधी जरूरी जानकारी अधूरी पाई गई। कच्चा माल अस्वच्छ और अव्यवस्थित तरीके से रखा गया था, जबकि कुछ जंग लगे सांचों का उपयोग भी किया जा रहा था। निरीक्षण में यह भी सामने आया कि निर्माण में इस्तेमाल हो रहे पानी की जांच रिपोर्ट उपलब्ध नहीं थी। फ्रीजर रूम में खाद्य सामग्री का भंडारण भी निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं मिला। अधिकारियों ने वनीला फ्रोजन डेजर्ट, केसर पिस्ता कुल्फी, मावा और चॉकलेट पेस्ट सहित चार नमूने जांच के लिए लिए। वैध लाइसेंस मिलने तक फैक्टरी का निर्माण कार्य बंद करा दिया गया है। गंदगी के बीच आइसक्रीम इसके बाद टीम ने रुद्राक्ष आइसक्रीम इकाई का निरीक्षण किया। यहां प्रभारी नरेश कुमावत मौजूद मिले। जांच में पाया गया कि विभिन्न फ्लेवर की आइसक्रीम गंदगी के बीच तैयार की जा रही थी। कई फ्लेवर बिना लेबल के पाए गए, जिन पर आवश्यक जानकारी अंकित नहीं थी। खाद्य पदार्थों के भंडारण स्थल पर भी अव्यवस्था मिली। कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने आइसक्रीम के पांच और टूटी-फ्रूटी का एक नमूना लेकर कुल छह नमूने जांच के लिए भेजे। बिना लेबल वाले फ्लेवर को मौके पर ही नष्ट कराया गया। परिसर में मिली अनियमितताओं को लेकर संबंधित संचालक को नोटिस जारी किया जाएगा। खाद्य सुरक्षा अधिकारी शिवम वर्मा ने कहा कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ जांच और कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
वाराणसी के मंडुवाडीह थानाक्षेत्र अंतर्गत भुल्लनपुर इलाके में रविवार देर रात एक भीषण सड़क हादसा हो गया। जीटी रोड पर एक अनियंत्रित थार जीप ने मोटरसाइकिल को जोरदार टक्कर मार दी और उसे करीब 100 मीटर तक घसीटते हुए ले गई। इस हृदयविदारक घटना में बाइक सवार महिला और उसकी 5 वर्षीय मासूम बच्ची की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि युवक गंभीर रूप से घायल है। मिर्जामुराद के बेनीपुर की रहने वाली सोनी राजभर अपने देवर मनीष राजभर और 5 वर्षीय बेटी के साथ मोढैला गांव में एक रिंग सेरेमनी में शामिल होने आई थी। रविवार रात करीब 11:30 बजे जब वे कार्यक्रम से वापस लौट रहे थे, तभी भुलनपुर के पास पीछे से आ रही तेज रफ्तार थार ने उनकी बाइक में टक्कर मार दी। चश्मदीदों के मुताबिक, टक्कर इतनी जोरदार थी कि थार बाइक को काफी दूर तक घसीटती ले गई। हादसे के बाद चीख-पुकार मच गई। सूचना मिलते ही मंडुवाडीह पुलिस मौके पर पहुंची और लहूलुहान हालत में मनीष को तत्काल पास के निजी अस्पताल में भर्ती कराया, जहाँ उसकी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। वहीं, सोनी और उनकी बेटी ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। वहीं मनीष के अस्पताल में दम ताेड़ने की खबर आई। हादसे में दो अन्य लोग चोटिल हो गए। मृतकों की तस्वीर
भोपाल में MD ड्रग्स के साथ तस्कर गिरफ्तार:4 लाख की ड्रग्स जब्त; ग्राहक तलाशते समय पुलिस ने पकड़ा
भोपाल की हनुमानगंज थाना पुलिस ने 37 ग्राम एमडी ड्रग्स के साथ एक तस्कर को गिरफ्तार किया है। जब्त माल की कीमत करीब चार लाख रुपए बताई जा रही है। पुलिस के मुताबिक, मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक संदिग्ध व्यक्ति भोपाल रेलवे स्टेशन के पास एमडी ड्रग्स लेकर ग्राहक की तलाश कर रहा है। इसके बाद पुलिस टीम ने घेराबंदी कर किरण लॉज के पास से संदिग्ध को पकड़ लिया। मौके पर तलाशी लेने पर उसके पास से 37 ग्राम एमडी ड्रग्स बरामद हुई, जिसकी कीमत करीब चार लाख रुपए आंकी गई है। पुलिस ने आरोपी की पहचान बरखेड़ी, जहांगीराबाद निवासी अबरार खान पिता स्व. मुस्ताफा खान (50) के रूप में की है। आरोपी के कब्जे से एमडी ड्रग्स जब्त कर उसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी के खिलाफ पूर्व में विभिन्न थानों में मारपीट, जुआ, आर्म्स एक्ट और एनडीपीएस एक्ट समेत करीब एक दर्जन मामले दर्ज हैं।
जबलपुर से नागपुर तरफ जा रही ट्रेन ने ग्वारीघाट रेलवे स्टेशन के पास ट्रेक पर घूम रही गाय को टक्कर मार दी, जिससे कि तीन में से एक गाय की मौके पर ही मौत हो गई,जबकि दो घायल हो गई। घटना के दौरान एक गाय पुल से नीचे गिरी जो कि नीचे खड़े युवक पर गिरी, जिससे कि उसे गंभीर चोट आई। घटना की जानकारी मिलते ही डायल 112 की टीम मौके पर पुहंची और घायल को इलाज के लिए मेडिकल कालेज में भर्ती करवाया, जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। बताया जा रहा है कि घायल युवक की हालत इस स्थिति में नही है, जिससे कि वह कुछ बता पाए। ग्वारीघाट थाना पुलिस ने नगर निगम को सूचना देने के बाद की जांच शुरू कर दी है। रविवार की रात को ट्रेन जब जबलपुर से नागपुर तरफ जा रही थी। जैसे रही ग्वारीघाट स्टेशन से पहले पुल के पास पहुंची,तभी तीन गाय को टक्कर मार दी,इस बीच एक गाय नीचे गिरी, जो को पुल के नीचे बाथरुम कर रहे युवक पर गिरी, जिसमें दबने उसे गंभीर चोट आई। घटना के बाद मौके से निकल रहे लोगों ने फौरन पुलिस को सूचना दी। थोड़ी ही देर में डायल 112 पुहंची, और फिर डायल 108 की मदद से उसे मेडिकल कालेज भिजवाया गया। घटना के बाद नगर निगम का अमला भी थोड़ी देर बाद मौके पर पहुंचा और घायल गाय को इलाज के लिए वेटनरी कालेज ले गया, जबकि एक मृत गाय को तिलवारा धाट के पास ले जाया गया। बताया जा रहा कि घायल युवक कुछ भी बोलने की स्थिति में नहीं है, जिस कारण से उसका नाम और पते की जानकारी नहीं लग पाई है।
बाइक टक्कर के बाद सेल्समैन का अपहरण:18 घंटे बंधक बनाकर मांगी एक लाख की फिरौती, एक आरोपी गिरफ्तार
बरेली में पीलीभीत बाइपास पर मामूली बाइक टक्कर के बाद एक विवाद अपहरण में बदल गया। कार सवार कुछ लोगों ने शराब दुकान के एक सेल्समैन को सड़क से अगवा कर लिया। उसे लगभग 18 घंटे तक बंधक बनाकर रखा गया और एक लाख रुपये की फिरौती मांगी गई। पुलिस ने सर्विलांस की मदद से युवक को सकुशल छुड़ा लिया और एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। घटना शनिवार रात की है। भुता थाना क्षेत्र के सिसैया गांव निवासी 25 वर्षीय अभिषेक गंगवार, जो केसरपुर स्थित शराब दुकान में सेल्समैन हैं, अपने परिचित ललित पटेल के साथ दो बाइक से लौट रहे थे। पीलीभीत बाइपास पर महानगर के पास पीछे से आई एक तेज रफ्तार कार ने उनकी बाइक को हल्का सा छू दिया। जब अभिषेक ने इसका विरोध किया, तो कार सवार युवक भड़क गए और उसे जबरन कार में बिठाकर फरार हो गए। पीड़ित अभिषेक ने बताया कि आरोपी उसे पूरी रात शहर के अलग-अलग इलाकों में घुमाते रहे और उसके साथ बेरहमी से मारपीट की। उन्होंने अभिषेक के मोबाइल फोन से उसके परिचितों को कॉल कर एक लाख रुपये की फिरौती मांगी। घटना की जानकारी मिलते ही इज्जतनगर पुलिस तुरंत सक्रिय हो गई। पुलिस ने सर्विलांस और लोकेशन ट्रैकिंग के माध्यम से आरोपियों का पता लगाने का प्रयास किया। हालांकि, आरोपी बार-बार मोबाइल को फ्लाइट मोड पर डाल देते थे, जिससे लोकेशन ट्रेस करने में काफी परेशानी हुई। आखिरकार, रविवार दोपहर को पुलिस ने हवाई अड्डे के पास से अभिषेक को सुरक्षित बचा लिया। पुलिस ने इस मामले में क्योलड़िया थाना क्षेत्र के चंद्रपुर ख्यालीराम निवासी उमाशंकर को गिरफ्तार किया है। उसके पास से घटना में इस्तेमाल की गई कार भी बरामद हुई है। नवाबगंज निवासी विमल, गुलड़िया लेखराज निवासी आकाश और हरनेश अभी फरार हैं, जिनकी तलाश में पुलिस लगातार दबिश दे रही है। जांच में यह भी पता चला है कि इस्तेमाल की गई कार गाजियाबाद की एक कंपनी के नाम पर पंजीकृत है।
आवास विकास की जमीन हुई महंगी:लखनऊ में घर बनाना पड़ेगा और मुश्किल, तीन योजनाओं में बढ़ेंगे रेट
लखनऊ में अपना घर बनाने का सपना अब और महंगा होने जा रहा है। आवास विकास परिषद ने राजधानी की तीन प्रमुख योजनाओं में जमीन के दाम बढ़ाने की तैयारी कर ली है। नई दरें एक अप्रैल 2026 से लागू मानी जाएंगी। परिषद जल्द ही इसका आदेश जारी करेगा। हालांकि नई गणना नीति में जमीन की कीमत डीएम सर्किल रेट से अधिक न रखने का नियम बनाया गया है, लेकिन चल रही योजनाओं को इसमें छूट मिलने से परिषद ने रेट बढ़ाने का रास्ता निकाल लिया है। जमीन की कीमतों में करीब 3 हजार रुपए प्रति वर्ग मीटर तक बढ़ोतरी हो सकती है। वहीं फ्लैट खरीदने वालों को फिलहाल राहत मिली है। परिषद ने कम मांग को देखते हुए फ्लैटों के रेट नहीं बढ़ाए हैं। इन तीन योजनाओं में बढ़ेंगे दाम राजधानी में आवास विकास परिषद की कई योजनाएं हैं, लेकिन फिलहाल केवल तीन योजनाओं में परिषद के पास जमीन उपलब्ध है। इन्हीं में नई दरें लागू होंगी। पुरानी योजनाओं में परिषद के पास जमीन नहीं बची है, इसलिए वहां नई दरें लागू नहीं होंगी। सबसे ज्यादा महंगी होगी अवध विहार योजना सुल्तानपुर रोड स्थित अवध विहार योजना इस समय शहर की सबसे ज्यादा मांग वाली योजनाओं में शामिल है। शहीद पथ, बड़े मॉल, अस्पताल और स्टेडियम के कारण यहां जमीन की कीमत लगातार बढ़ रही है। पिछले साल परिषद ने यहां रेट नहीं बढ़ाए थे, लेकिन इस बार बढ़ोतरी तय मानी जा रही है। वहीं हरदोई रोड की आम्रपाली योजना में ग्रीन कॉरिडोर और मेट्रो फेज-2 के काम के चलते मांग बढ़ी है। रायबरेली रोड स्थित वृंदावन योजना में डिफेंस एक्सपो और एआई सिटी प्रोजेक्ट के बाद जमीनों की कीमतों में तेजी आई है। नई नीति के बावजूद ऐसे बढ़ेंगे रेट नई गणना नीति के तहत जमीन के दाम डीएम सर्किल रेट से अधिक नहीं रखे जाने हैं। लेकिन जिन योजनाओं में विकास कार्य जारी हैं और परिषद के पास जमीन उपलब्ध है, वहां मार्जिन कॉस्ट लैंड रेट (एमसीएलआर) अधिनियम के तहत हर साल 8.7 प्रतिशत तक रेट बढ़ाने की छूट दी गई है। इसी प्रावधान का इस्तेमाल करते हुए परिषद करीब 9 प्रतिशत तक कीमत बढ़ाने जा रहा है। अभी क्या हैं जमीन के रेट अवध विहार योजना : 38 हजार रुपए प्रति वर्ग मीटर वृंदावन योजना : 41 हजार रुपए प्रति वर्ग मीटर आम्रपाली योजना : 30 हजार रुपए प्रति वर्ग मीटर
ललितपुर में कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने के लिए पुलिस अधीक्षक मो. मुश्ताक ने रविवार रात दस बजे तीन निरीक्षकों और एक उपनिरीक्षक के कार्यक्षेत्र में बदलाव किया है। इस फेरबदल में अशोक कुमार वर्मा को तालबेहट कोतवाली का नया प्रभारी निरीक्षक बनाया गया है। जारी आदेश के अनुसार, कोतवाली प्रभारी निरीक्षक तालबेहट मनोज मिश्रा को थाना मड़ावरा का प्रभारी निरीक्षक नियुक्त किया गया है। वहीं, मड़ावरा के प्रभारी निरीक्षक अशोक कुमार वर्मा को तालबेहट कोतवाली की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके अतिरिक्त, पूराकला थाना प्रभारी निरीक्षक रमेशचंद्र मिश्रा को थाना बार का प्रभारी निरीक्षक बनाया गया है। उपनिरीक्षक अजमेर सिंह भदौरिया, जो अब तक बार के थानाध्यक्ष थे, उन्हें पूराकला का नया थानाध्यक्ष नियुक्त किया गया है।
हरदोई के पुलिस अधीक्षक (एसपी) ने रविवार शाम पुलिस विभाग में बड़ा फेरबदल किया। इस दौरान 6 थानाध्यक्षों की तैनाती में बदलाव किया गया, जबकि रेलवेगंज चौकी प्रभारी, प्रभारी गैंगस्टर प्रकोष्ठ और अतिरिक्त निरीक्षक टड़ियावां को थानाध्यक्ष बनाया गया है। एसपी अशोक कुमार मीणा ने पुलिसकर्मियों की तैनाती से संबंधित आदेश जारी किया। इस फेरबदल में कई महत्वपूर्ण नियुक्तियां और स्थानांतरण शामिल हैं। प्रभारी निरीक्षक अतरौली सतीश चंद्र को बेनीगंज की जिम्मेदारी दी गई है। वहीं, बेनीगंज के प्रभारी निरीक्षक मार्कण्डेय सिंह को बेहटा गोकुल का थानाध्यक्ष बनाया गया है। लोनार कोतवाली की कमान संभाल रहे राकेश सिंह यादव को पचदेवरा थाने भेजा गया है। टड़ियावां थाने में अतिरिक्त निरीक्षक इख्तियार हुसैन को वहीं का प्रभारी निरीक्षक नियुक्त किया गया है। सुरसा थानाध्यक्ष सुनील कुमार मिश्रा को लोनार कोतवाली का थानाध्यक्ष बनाया गया है। बेहटा गोकुल के थानाध्यक्ष धर्मेंद्र गिरी को पुलिस लाइन भेजा गया है। गैंगस्टर प्रकोष्ठ के प्रभारी मनोज कुमार सिंह को अतरौली का प्रभारी निरीक्षक बनाया गया है। शहर के रेलवेगंज चौकी प्रभारी विश्वास शर्मा को सुरसा का थानाध्यक्ष बनाया गया है, जबकि पचदेवरा थानाध्यक्ष शिव नारायण सिंह को रेलवेगंज का चौकी प्रभारी नियुक्त किया गया है।
ललितपुर में तरबूज कम तौलने के विवाद में एक दुकानदार ने 12वीं के छात्र पर धारदार हथियार से हमला कर दिया। रविवार रात 8 बजे हुई इस घटना में छात्र घायल हो गया, जिसे उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। कोतवाली सदर क्षेत्र के मोहल्ला सिदवानपुरा निवासी छात्र अभय प्रताप रविवार शाम करीब 8 बजे नाझाई बाजार स्थित सब्जी मंडी में सब्जी खरीदने गया था। अभय ने तरबूज की दुकान पर तरबूज खरीदा और दुकानदार पर कम तौलने का आरोप लगाते हुए आपत्ति जताई। इस पर दुकानदार ने तरबूज काटने वाले हथियार से अभय पर कई बार हमला कर दिया। हमले में अभय के हाथ और शरीर के अन्य हिस्सों में चोटें आईं। घायल अभय ने परिजनों को फोन पर सूचना दी, जिसके बाद परिजन मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने घायल छात्र को मेडिकल परीक्षण के लिए अस्पताल भेजा है। मामले की आगे की जांच जारी है।
ट्रैफिक पुलिसकर्मी को बोनट पर घसीटने वाला आरोपी गिरफ्तार:अयोध्या से दबोचा गया कार चालक
लखनऊ के चिनहट इलाके में ट्रैफिक पुलिसकर्मी को कार के बोनट पर लटकाकर घसीटने के मामले में पुलिस ने आरोपी चालक को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की पहचान अयोध्या निवासी सत्यम वर्मा (22) के रूप में हुई है। पुलिस ने उसे अयोध्या-लखनऊ मार्ग स्थित जगनपुर ईदगाह के पास से पकड़ा। पुलिस के मुताबिक आरोपी सत्यम वर्मा पुत्र फूलचंद्र वर्मा, ग्राम शिवदासपुर थाना पूरा कलंदर जिला अयोध्या का रहने वाला है। घटना के समय वह KIA Carens कार संख्या UP32PC4498 चला रहा था। आरोपी के खिलाफ चिनहट थाने में सरकारी कार्य में बाधा डालने और पुलिसकर्मी की जान लेने की कोशिश समेत गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। कार्रवाई के दौरान बोनट पर लटकाकर घसीटा जानकारी के अनुसार रविवार को यातायात पुलिस लाइन में तैनात आरक्षी गौरव बंसल ने तहरीर देकर बताया कि चेकिंग के दौरान आरोपी चालक ने कार से टक्कर मारने की कोशिश की। बचने के प्रयास में आरक्षी कार के बोनट पर आ गए, जिसके बाद चालक उन्हें काफी दूर तक घसीटता हुआ ले गया। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। मामले में चिनहट थाने में मुकदमा संख्या 245/26 धारा 121(1) और 109(1) बीएनएस के तहत केस दर्ज किया गया। सर्विलांस की मदद से हुई गिरफ्तारी घटना का संज्ञान लेते ही पुलिस अधिकारियों ने कई टीमों का गठन किया। उच्चाधिकारियों ने मौके का निरीक्षण किया और सर्विलांस व स्थानीय इनपुट के आधार पर आरोपी की तलाश शुरू की गई। इसके बाद पुलिस टीम ने आरोपी चालक को अयोध्या से गिरफ्तार कर लिया। इंस्पेक्टर चिनहट ने बताया कि आरोपी से पूछताछ की जा रही है। उसके खिलाफ आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
बिजनौर शहर कोतवाली क्षेत्र में रविवार देर शाम बाइक सवार बदमाशों ने एक महिला सिपाही से चेन छीन ली और फरार हो गए। इस घटना से इलाके में हड़कंप मच गया। पुलिस ने मामले के खुलासे के लिए चार टीमें गठित की हैं। घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। महिला सिपाही की पहचान अनुराधा चौधरी के रूप में हुई है, जो महिला थाने में तैनात हैं। रविवार शाम को वह सादे कपड़ों में मंडावर रोड पर फल खरीदने गई थीं। तभी बाइक पर सवार दो बदमाश आए और उनके गले से चेन झपट्टा मारकर छीन ली। बदमाश वारदात को अंजाम देकर तुरंत मौके से फरार हो गए। सीसीटीवी के आधार पर आरोपियों की पहचान घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आसपास लगे सीसीटीवी की फुटेज खंगालनी शुरू की। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान कर ली है। सामने आए फुटेज में दिख रहा है कि पीड़िता फल खरीद रही है, तभी एक बाइक आकर रुकती है और पीछे बैठा व्यक्ति महिला के गले से चेन छीनकर भागता है। इसके बाद वह कुछ दूरी पर खड़ी बाइक पर बैठकर फरार हो जाता है। जिस स्थान पर यह घटना हुई है, वह शहर का सबसे सुरक्षित इलाका माना जाता है। यहां से कुछ ही दूरी पर पुलिस अधिकारियों के आवास, जिला अस्पताल और कोर्ट स्थित हैं। सीओ सिटी संग्राम सिंह ने बताया- सीसीटीवी फुटेज खंगाली जा रही है और आरोपियों की पहचान कर ली गई है। उन्होंने कहा कि घटना के खुलासे के लिए चार टीमें लगाई गई हैं और जल्द ही मामले का खुलासा कर दिया जाएगा।
संभल के गांव जालम सराय स्थित पीएमश्री विद्यालय में धार्मिक गतिविधि और मजहबी उन्माद फैलाने के आरोप में प्रशासन ने कार्रवाई की है। डीएम अंकित खंडेलवाल के निर्देश पर प्रधानाध्यापक मोहम्मद अंजार अहमद और सहायक अध्यापक मोहम्मद गुल एजाज को निलंबित कर उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। वहीं, प्रभारी प्रधानाध्यापक वालेश कुमार को भी कर्तव्यों के निर्वहन में लापरवाही के आरोप में निलंबित किया गया है। मामला संभल तहसील के पीएमश्री विद्यालय से जुड़ा है। विद्यालय से संबंधित कुछ वीडियो और तस्वीरें सामने आने के बाद प्रशासन हरकत में आया। आरोप है कि विद्यालय परिसर में अवांछित धार्मिक गतिविधियां संचालित की जा रही थीं। मामले की गंभीरता को देखते हुए खंड शिक्षा अधिकारी ने विद्यालय का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान बच्चों से पूछताछ की गई। जांच में कथित तौर पर सामने आया कि विद्यालय में मजहबी गतिविधियों को बढ़ावा दिया जा रहा था। प्रशासनिक जांच में आरोप लगाया गया कि प्रधानाध्यापक मोहम्मद अंजार अहमद और सहायक अध्यापक मोहम्मद गुल एजाज स्कूल कामों की उपेक्षा कर मजहबी शिक्षा को बढ़ावा दे रहे थे। धर्मों के प्रति आपत्तिजनक टिप्पणी दोनों शिक्षकों पर विद्यालय में धार्मिक असहिष्णुता फैलाने, अन्य धर्मों के प्रति आपत्तिजनक टिप्पणियां करने और बच्चों के मानसिक वातावरण को प्रभावित करने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं। प्रभारी प्रधानाध्यापक वालेश कुमार पर भी कार्रवाई की गई है। उन पर आरोप है कि उन्होंने अपने पदीय दायित्वों का सही ढंग से निर्वहन नहीं किया और विद्यालय में चल रही गतिविधियों को रोकने के लिए कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया। 3 सदस्यीय जांच टीम गठित डीएम अंकित खंडेलवाल ने मुख्य विकास अधिकारी गोरखनाथ भट्ट की अध्यक्षता में त्रिसदस्यीय जांच समिति गठित कर जांच के निर्देश दिए हैं। डीएम ने कहा कि जांच में जो भी अधिकारी या कर्मचारी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ विधिक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में शिक्षा का वातावरण बेहतर बनाए रखना प्रशासन की प्राथमिकता है। लापरवाही किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। खंड शिक्षा अधिकारी संभल की तहरीर पर थाना नखासा में प्रधानाध्यापक मोहम्मद अंजार अहमद और सहायक अध्यापक मोहम्मद गुल एजाज के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।
बरेली पुलिस ने मादक पदार्थ तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बड़ी सफलता हासिल की है। बारादरी थाना पुलिस ने 270 ग्राम अवैध स्मैक के साथ एक तस्कर को गिरफ्तार किया है। बरामद स्मैक की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत लगभग 27 लाख रुपये बताई जा रही है। पुलिस टीम रात्रि गश्त और चेकिंग कर रही थी, तभी मुखबिर से सूचना मिली। बताया गया कि कुछ व्यक्ति पीलीभीत बाईपास रोड स्थित डोहरा चौराहे के पास अवैध मादक पदार्थ बेचने की फिराक में खड़े हैं। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने 99 बीघा मैदान क्षेत्र में दबिश दी। वहां से एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया गया और उसके कब्जे से 270 ग्राम स्मैक बरामद हुई। हालांकि, उसका एक साथी मौके से फरार होने में सफल रहा। गिरफ्तार अभियुक्त के खिलाफ बारादरी थाने में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। अभियुक्त की पहचान कर्मपुर, मीरगंज, बरेली निवासी 22 वर्षीय विकास पुत्र शेर सिंह के रूप में हुई है। पूछताछ में विकास ने बताया कि वह स्मैक खरीदकर उसकी छोटी-छोटी पुड़िया बनाकर बेचता था। इससे मिलने वाले पैसों का उपयोग वह अपने नशे और अन्य खर्चों के लिए करता था। उसने यह भी खुलासा किया कि वह और उसका फरार साथी, आरिफ नामक व्यक्ति के लिए मादक पदार्थ की सप्लाई का काम करते हैं। पुलिस फरार आरोपी और अन्य प्रकाश में आए व्यक्तियों की तलाश कर रही है। इस कार्रवाई में प्रभारी निरीक्षक बिजेन्द्र कुमार, उपनिरीक्षक कुशलपाल सिंह, हेड कांस्टेबल आशीष कुमार मिश्र, उमेश कुमार, राहुल कुमार तथा कांस्टेबल आदित्य प्रताप सिंह एवं सिद्धांत चौधरी की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
मेरठ में सेना की 510 आर्मी बेस वर्कशॉप में ट्रेडमैन भर्ती परीक्षा के दौरान एक हाईटेक साल्वर गैंग का भंडाफोड़ हुआ है। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि यह नेटवर्क हरियाणा से संचालित हो रहा था, जहां बैठे मास्टरमाइंड इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के जरिए अभ्यर्थियों को लाइव निर्देश दे रहे थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए, एसएसपी अविनाश पांडे ने जांच सीओ सौम्या अस्थाना को सौंपी है। पुलिस इस गैंग की जड़ों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। हरियाणा, आगरा, हाथरस और मेरठ में फैले इस नेटवर्क की कड़ियों को जोड़ा जा रहा है। मुख्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की कई टीमें हरियाणा भेजी गई हैं। जांच से खुलासा हुआ है कि यह गैंग बेरोजगार युवाओं को सेना में भर्ती कराने का झांसा देकर 12 से 15 लाख रुपये तक वसूलता था। नकल कराने के लिए ब्लूटूथ डिवाइस, माइक्रो ईयरफोन और फर्जी बायोमेट्रिक तकनीक का इस्तेमाल किया जाता था। सेना अधिकारियों को परीक्षा के दौरान कुछ अभ्यर्थियों की गतिविधियां संदिग्ध लगीं। जांच करने पर कई परीक्षार्थियों के पास इलेक्ट्रॉनिक उपकरण पाए गए। कुछ अभ्यर्थी ब्लूटूथ के माध्यम से बाहर बैठे साल्वर से उत्तर सुन रहे थे, जबकि कुछ मोबाइल फोन का उपयोग करके ऑनलाइन प्रश्न हल कर रहे थे। पूछताछ में यह भी सामने आया कि गैंग के सदस्य अभ्यर्थियों के दस्तावेजों पर अन्य व्यक्तियों के बायोमेट्रिक का उपयोग कर सिस्टम को धोखा देने का प्रयास कर रहे थे। हालांकि, कंप्यूटर वेरिफिकेशन के दौरान यह फर्जीवाड़ा पकड़ में आ गया। सदर बाजार थाने में 19 अभ्यर्थियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार, यह केवल नकल का मामला नहीं है, बल्कि एक संगठित साइबर और प्रौद्योगिकी-आधारित भर्ती धोखाधड़ी का नेटवर्क है। जांच एजेंसियां अब यह भी पता लगा रही हैं कि इस गैंग ने पहले किन-किन भर्ती परीक्षाओं को निशाना बनाया था। मेरठ पुलिस ने इस पूरे गैंग के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का मन बना लिया है। जल्द ही मुख्य आरोपियों सहित पूरे नेटवर्क को गिरफ्तार कर इस बड़े धोखाधड़ी का पर्दाफाश करने की तैयारी की जा रही है।
घाटमपुर के पतारा चार दिन पूर्व हुए सड़क हादसे में क्षतिग्रस्त डंपर को पुलिस चौकी मोड़ के पास खड़ा करा दिया था, हाइवे पर गिट्टी फैली हुई है। जिससे बाइक सवार फिसलकर गिरने से चोटहिल हो रहे है। चार दिन बाद भी हाइवे से गिट्टी नहीं हट पाई और न ही क्षतिग्रस्त डंपर, NHAI और पुलिस को दूसरे सड़क हादसे का इंतजार है। एसीपी बोले- डंपर को हटवाया जाएगा। घाटमपुर थाना क्षेत्र के पतारा कस्बा में बीते चार दिन पहले छ गाड़ियों की भिड़ंत हुई थी, इस दौरान क्षतिग्रस्त डंपर को पुलिस ने कानपुर-सागर हाइवे पर स्थित पुलिस चौकी मोड़ के पास खड़ा कराया था, बीते चार दिनों से हाइवे पर गिट्टी फैली पड़ी है। यहां से निकल रहे बाइक सवार रामू और अजय गिरकर चोटहिल हो गए। दोनों ने अपना उपचार पतारा सीएचसी में कराया है। यहां पर हाइवे पर बीते चार दिनों से गिट्टी फैली पड़ी है। NHAI और पुलिस प्रशासन को दूसरे सड़क हादसे का इंतजार है। यहां से NHAI की पेट्रोलिंग टीम रोज निकलती है, लेकिन जिम्मेदारों की नजर इस ओर नहीं गई। जो सोचनीय विषय है। पतारा कस्बा निवासी राजवीर सैनी ने मामले की शिकायत कई बार पतारा चौकी इंचार्ज ललित शर्मा से की, लेकिन चौकी इंचार्ज के द्वारा क्षतिग्रस्त डंपर और हाइवे पर फैली गिट्टी को नहीं हटाया गया। एसीपी बोले- हाइवे पर क्षतिग्रस्त डंपर हटाया जाएगा घाटमपुर एसीपी कृष्णकांत यादव ने बताया कि कानपुर सागर हाइवे और चौकी मोड़ पर खड़े क्षतिग्रस्त डंपर को हटवाया जाएगा। हाइवे पर फैली गिट्टी को हटवाने के लिए NHAI के अधिकारियों को कहा गया है। जल्द हाइवे को साफ कराया जाएगा।
पत्रकार कॉलोनी स्थित चौधरी रोडू रामनगर गेट पर शुक्रवार को लव शर्मा एवं अतुल सक्सेना की अध्यक्षता में चौधरी रोडू रामनगर और कैलाश सरोवर कॉलोनी की बैठक आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य कॉलोनी में सीवर लाइन नहीं डाले जाने के मुद्दे पर चर्चा करना था। बैठक में मौजूद लोगों ने बताया कि आसपास की लगभग सभी कॉलोनियों में जेडीए द्वारा सीवर लाइन डाली जा चुकी है, लेकिन चौधरी रोडू रामनगर एवं कैलाश सरोवर कॉलोनी को इससे वंचित रखा गया है। इसको लेकर कॉलोनीवासियों में भारी नाराजगी देखने को मिली। इस दौरान बड़ी संख्या में महिला एवं पुरुष शामिल हुए और सभी ने एक स्वर में अपना विरोध दर्ज कराया। कॉलोनीवासियों ने इसे भेदभावपूर्ण रवैया बताते हुए कहा कि इस सौतेले व्यवहार को अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। बैठक में निर्णय लिया गया कि सभी निवासी एकजुट होकर अपने अधिकारों के लिए संघर्ष करेंगे। वक्ताओं ने बताया कि वर्ष 2017 में परिवाद संख्या 3311 के तहत जेडीए ने हाईकोर्ट में कॉलोनी में सीवर लाइन डालने का आश्वासन भी दिया था, लेकिन आज तक कार्य शुरू नहीं हुआ। कॉलोनीवासियों ने प्रशासन और जेडीए से जल्द से जल्द सीवर लाइन का कार्य शुरू कराने की मांग की है।
फर्रुखाबाद शहर कोतवाली क्षेत्र के मदार वादी मोहल्ले में एक महिला शिवानी (28) की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। उसकी अचानक तबीयत बिगड़ने के बाद सास बीना और चचिया ससुर राकेश उसे जिला अस्पताल लोहिया लेकर पहुंचे, जहां ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर प्रदीप राजपूत ने उसे मृत घोषित कर दिया। अस्पताल प्रशासन ने शव को मोर्चरी में रखवाकर पुलिस को सूचना दी। मृतका के चचिया ससुर राकेश ने बताया कि शिवानी करीब तीन-चार माह की गर्भवती थी। उन्होंने दावा किया कि शिवानी ने किसी मेडिकल स्टोर से दवा खा ली थी, जिसके बाद उसे अत्यधिक रक्तस्राव होने लगा और उसकी हालत बिगड़ गई। इसी के चलते उसे लोहिया अस्पताल लाया गया था। राकेश ने यह भी बताया कि शिवानी के पति विकास दिल्ली में नौकरी करते थे, जहां उनके और शिवानी के बीच प्रेम संबंध हो गए थे। बाद में विकास घर लौट आए और शिवानी भी उनके साथ आ गई। इसके बाद विकास ने शिवानी से प्रेम विवाह किया था। मृतका के तीन पुत्र हैं, जिनकी उम्र लगभग 7 वर्ष, 5 वर्ष (तेजू) और आठ माह है। राकेश के अनुसार, विकास के पिता का लगभग तीन माह पहले निधन हो गया था। विकास की मां जिला पंचायत में सफाई कर्मचारी के पद पर कार्यरत हैं।
देवरिया के लार क्षेत्र में रविवार शाम रामजानकी मार्ग पर हुए एक सड़क हादसे में बाइक सवार युवक की मौत हो गई। अज्ञात वाहन की टक्कर से गंभीर रूप से घायल युवक को महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मृतक की पहचान लार थाना क्षेत्र के चौमुखा निवासी रोहित सिंह (25) पुत्र नरेंद्र सिंह के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, रोहित रविवार शाम लार बाजार से अपने गांव लौट रहे थे। शाम लगभग सात बजे रामजानकी मार्ग पर चोरडीहा गांव के पास एक अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि रोहित सड़क किनारे गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लार पहुंचाया। वहां चिकित्सक डॉ. संतोष कुमार और फार्मासिस्ट शमशाद आलम ने प्राथमिक इलाज किया। चिकित्सकों के मुताबिक, रोहित के सिर में गंभीर चोटें आई थीं। उनकी नाजुक हालत को देखते हुए उन्हें महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। परिजन घायल रोहित को मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे, लेकिन जांच के बाद चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। युवक की मौत की खबर से परिवार में मातम छा गया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस ने बताया कि अज्ञात वाहन की तलाश की जा रही है और मामले की जांच जारी है।
ट्रेन की चपेट में आने से युवक की मौत:शाहजहांपुर में 50 मिनट रुकीं रही सप्त क्रांति और वंदे भारत
शाहजहांपुर के कटरा थाना क्षेत्र में ट्रेन की चपेट में आने से एक व्यक्ति की मौत हो गई। हादसे के चलते रेलवे ट्रैक पर यातायात प्रभावित हुआ और सप्त क्रांति एक्सप्रेस व वंदे भारत एक्सप्रेस को करीब 50 मिनट तक रोकना पड़ा। मृतक की पहचान बरेली जिले के भुता थाना क्षेत्र निवासी 35 वर्षीय सतीश गंगवार के रूप में हुई है। बताया गया कि वह रविवार रात करीब 8:30 बजे अपनी बहन मुकेश देवी के घर जाने के लिए निकले थे, जो कटरा क्षेत्र के मरेना गांव में रहती हैं। रेलवे क्रॉसिंग गेट संख्या 341 के पास रेलवे लाइन पार करते समय सतीश एक ट्रेन की चपेट में आ गए। हादसा इतना भीषण था कि उनकी मौके पर ही मौत हो गई। शव हटाने और लाइन क्लियर होने के बाद ट्रेन रवाना घटना की जानकारी मिलते ही रेलवे कर्मचारियों ने एहतियातन पीछे आ रही ट्रेनों को रोक दिया। सप्त क्रांति एक्सप्रेस करीब 45 मिनट तक और वंदे भारत एक्सप्रेस लगभग 50 मिनट तक प्रभावित रही। ट्रैक से शव हटाने और लाइन क्लियर होने के बाद दोनों ट्रेनों को आगे के लिए रवाना किया गया। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिजनों को भी घटना की जानकारी दे दी गई है। स्टेशन अधीक्षक सईद खान ने बताया- ट्रेन की चपेट में आने से एक व्यक्ति की मौत हुई थी। ट्रैक साफ होने के बाद रेल यातायात सामान्य कर दिया गया। वहीं कटरा थाना प्रभारी ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजे जाने की पुष्टि की।
निलंबित प्रधानाध्यापिका ने BSA पर लगाए आरोप:प्रताड़ना और शोषण का दबाव, DM ने दिए जांच के आदेश
महोबा के कबरई ब्लॉक स्थित तिन्दौली गांव का प्राथमिक विद्यालय विवादों में घिर गया है। भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के आरोप में निलंबित प्रधानाध्यापिका ने जिले के बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) पर शारीरिक शोषण के प्रयास का दबाव और धमकी देने के गंभीर आरोप लगाए हैं। जिलाधिकारी ने इस पूरे मामले की जांच के लिए चार सदस्यीय समिति का गठन किया है, जो एक सप्ताह के भीतर अपनी रिपोर्ट सौंपेगी। निलंबित प्रधानाध्यापिका ने पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र देने के बाद रविवार को एक होटल में पत्रकार वार्ता की। उन्होंने आरोप लगाया कि बीएसए राहुल मिश्रा पिछले डेढ़ साल से उन्हें मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित कर रहे हैं। प्रधानाध्यापिका के अनुसार, जब वह स्कूल की बाउंड्री वॉल की समस्या लेकर बीएसए से मिलीं, तो उन्होंने उनके साथ अभद्रता की और अनैतिक मांगें रखीं। प्रधानाध्यापिका ने स्कूल की सहायक अध्यापिका नम्रता कौशिक और पुरुषोत्तम पर भी इस प्रताड़ना में सहयोग करने और दबाव बनाने का आरोप लगाया है। दूसरी ओर, बीएसए और अन्य शिक्षकों ने इन आरोपों को निराधार बताया है। उनका कहना है कि यह निलंबन की कार्रवाई से बचने के लिए रचा गया एक षड्यंत्र है। विद्यालय की सहायक अध्यापिका नम्रता कौशिक ने अन्य शिक्षकों के साथ पुलिस अधीक्षक से मिलकर इन आरोपों को सिरे से खारिज किया। उन्होंने कहा कि प्रधानाध्यापिका स्वयं विद्यालय में भ्रष्टाचार और मिड-डे मील में अनियमितताओं के लिए जिम्मेदार हैं। नम्रता का आरोप है कि प्रधानाध्यापिका महिला होने का फायदा उठाकर झूठे केसों में फंसाने की धमकी देती हैं और पहले भी कई शिक्षकों पर ऐसे ही आरोप लगा चुकी हैं।
बरेली के बारादरी थाना क्षेत्र में एक महिला ने अपने रिश्तेदार पर स्कूल पहुंचकर उसके दो बच्चों को ले जाने की कोशिश करने का आरोप लगाया है। महिला का कहना है कि पुरानी रंजिश के चलते आरोपी लगातार उनके परिवार को धमका रहा है। इस मामले की शिकायत एसएसपी से की गई है, जिसके बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। बारादरी निवासी नेहा रानी ने बताया कि उनका अपने ननदोई जावेद अंसारी उर्फ मीडिया से लंबे समय से विवाद चल रहा है। महिला का आरोप है कि इसी विवाद के कारण आरोपी उनके परिवार को परेशान कर रहा है। नेहा रानी के अनुसार, आरोपी पहले भी उनके पति की नौकरी छिनवाने, ड्यूटी के दौरान दुर्घटना कराने और पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी दे चुका है। इन आरोपों का उल्लेख पहले दर्ज कराई गई एफआईआर में भी किया गया है। नेहा रानी ने बताया कि 6 मई की सुबह करीब साढ़े सात बजे आरोपी सफेद रंग की कार से बच्चों के स्कूल पहुंचा। वहां उसने स्कूल स्टाफ से बच्चों के बारे में जानकारी मांगी और उन्हें अपने साथ ले जाने का प्रयास किया। स्कूल शिक्षिकाओं को उसकी गतिविधियां संदिग्ध लगीं, जिसके बाद उन्होंने बच्चों को आरोपी से मिलने नहीं दिया। महिला का आरोप है कि बच्चों को न सौंपे जाने पर आरोपी ने स्कूल स्टाफ से बहस की और अभद्रता भी की। इस घटना के बाद स्कूल परिसर में स्थिति तनावपूर्ण हो गई। नेहा रानी ने दावा किया है कि आरोपी की पूरी गतिविधि स्कूल के सीसीटीवी कैमरों में कैद हुई है। इसके अलावा, स्कूल शिक्षिका की एक ऑडियो रिकॉर्डिंग भी मौजूद है, जिसमें आरोपी की बातचीत रिकॉर्ड बताई जा रही है। महिला ने कहा कि सभी साक्ष्य पुलिस को सौंपे जाएंगे। बारादरी इंस्पेक्टर बिजेंद्र सिंह ने जानकारी दी कि स्कूल में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। उन्होंने बताया कि शिकायत और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच की जा रही है। जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उसी के आधार पर आगे कार्रवाई की जाएगी।
पिटाई से घायल महिला की मौत, परिजनों ने लगाया जाम:पुलिस ने कार्रवाई का दिया आश्वासन दिया, जाम खुलवाया
संभल में एक युवक की पिटाई से घायल महिला की निजी अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। महिला की मौत के बाद परिजनों ने आगरा-मुरादाबाद हाईवे पर शव रखकर जाम लगा दिया। सूचना मिलने पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद कार्रवाई का आश्वासन देकर जाम खुलवाया। यह घटना संभल जिले के बहजोई थाना क्षेत्र की है। मृतक महिला की पहचान बहजोई स्थित यादव कॉलोनी निवासी सोनवती (पत्नी स्व. बलवीर) के रूप में हुई है। बीते 4 मई को सोनवती अपने घर के बाहर बैठी थीं, तभी मोहल्ले के देव पुत्र बादाम ने उनसे गाली-गलौज कर मारपीट शुरू कर दी। मारपीट में महिला गंभीर रूप से घायल हो गईं। परिजनों ने उन्हें इलाज के लिए कस्बे के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया था, जहां 4 मई से उनका इलाज चल रहा था। रविवार शाम करीब 4 बजे इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। थाना प्रभारी राजीव कुमार मलिक ने बताया- महिला की पुत्रवधू राजमल की शिकायत पर 6 मई को रिपोर्ट दर्ज की गई थी। देव को नामजद किया गया था। मामले की विवेचना के दौरान धाराएं बढ़ाई जाएंगी और आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि अभियुक्त को पहले ही शांतिभंग के आरोप में गिरफ्तार कर कार्रवाई की जा चुकी है।
उत्तर-पश्चिम रेलवे द्वारा समदड़ी-लूनी रेल खंड पर दुदिया-दूंदाड़ा स्टेशनों के बीच स्थित समपार फाटक संख्या 231, 236, 239, 227 और 226 पर रेलवे अंडर ब्रिज निर्माण कार्य किया जाएगा। इसके लिए विभिन्न तिथियों में ब्लॉक लिया जाएगा, जिससे इस रेलखंड पर संचालित कई रेलसेवाएं रद्द, रेगुलेट एवं रीशेड्यूल रहेंगी। उत्तर-पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी अमित सुदर्शन के अनुसार प्रभावित ट्रेनें इस प्रकार रहेंगी- रद्द ट्रेन ट्रेन संख्या 14893 -भगत की कोठी-पालनपुर रेलसेवा 17,22 एवं 29 मई तथा 7 व 14 जून 2026 को रद्द रहेगी। ट्रेन संख्या 14894- पालनपुर-भगत की कोठी रेलसेवा 11,18,23 एवं 30 मई तथा 8 व 15 जून को रद्द रहेगी। ट्रेन संख्या 74841- भगत की कोठी-भीलड़ी रेलसेवा 17 एवं 29 मई को रद्द रहेगी। ट्रेन संख्या 74842- भीलड़ी-भगत की कोठी रेलसेवा 17 एवं 29 मई 2026 को रद्द रहेगी। रेगुलेट ट्रेन गाड़ी संख्या 20491- जैसलमेर-साबरमती एक्सप्रेस 29 मई एवं 14 जून को जोधपुर-लूनी स्टेशनों के मध्य 30 मिनट तथा 17 मई को 45 मिनट रेगुलेट रहेगी। रीशेड्यूल ट्रेन गाड़ी संख्या 74842- भीलड़ी-भगत की कोठी रेलसेवा 22 मई एवं 14 जून को भीलड़ी से अपने निर्धारित समय से एक घंटे देरी से रवाना होगी। ट्रेन संख्या 54814- बाड़मेर-जोधपुर रेलसेवा 14 जून को बाड़मेर से एक घंटे देरी से प्रस्थान करेगी।
देवरिया के सुरौली क्षेत्र के जोकहा खास गांव के कुंजी टोला में पारिवारिक विवाद के बाद एक महिला ने जहरीला पदार्थ खा लिया। गंभीर हालत में उसे महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां से चिकित्सकों ने उसे गोरखपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। जानकारी के अनुसार, कुंजी टोला निवासी पानमती देवी (35) पत्नी जितेंद्र चौहान का रविवार शाम करीब सात बजे परिवार के सदस्यों से किसी बात को लेकर विवाद हो गया था। विवाद के बाद महिला ने घर में रखा जहरीला पदार्थ खा लिया। कुछ देर बाद पानमती देवी की तबीयत बिगड़ने लगी। परिजन तत्काल उन्हें उपचार के लिए महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे। प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए गोरखपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। घटना की जानकारी मिलने के बाद गांव में चर्चा का माहौल बना हुआ है। स्थानीय लोगों के अनुसार, परिवार में लंबे समय से किसी बात को लेकर तनाव चल रहा था। पुलिस ने बताया कि मामले की जानकारी जुटाई जा रही है। परिजनों और आसपास के लोगों से पूछताछ कर घटना के कारणों की जांच की जा रही है। महिला का इलाज चिकित्सकों की निगरानी में जारी है।
विवादित ऑडियो के बाद महेशगंज थाना प्रभारी लाइन हाजिर:प्रतापगढ़ एसपी ने सदर सीओ को जांच सौंपी
प्रतापगढ़ के महेशगंज थाना प्रभारी राधे बाबू को एक कथित विवादित टिप्पणी के मामले में लाइन हाजिर कर दिया गया है। पुलिस अधीक्षक दीपक भूकर ने मामले की जांच सीओ सदर को सौंपी है। यह कार्रवाई एक ऑडियो रिकॉर्डिंग सामने आने के बाद की गई, जिसमें थाना प्रभारी कथित तौर पर एक ब्राह्मण परिवार को लेकर अमर्यादित टिप्पणी करते सुनाई दे रहे हैं। मामला महेशगंज थाना क्षेत्र के एक गांव में ब्राह्मण परिवार के आपसी विवाद से जुड़ा बताया जा रहा है। जानकारी के अनुसार, घटना के संबंध में जानकारी लेने के लिए थाना प्रभारी राधे बाबू को फोन किया गया था। बातचीत के दौरान उन्होंने कथित तौर पर संबंधित परिवार को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी की। ऑडियो वायरल होने के बाद ब्राह्मण समाज में नाराजगी फैल गई। हालांकि, दैनिक भास्कर वायरल ऑडियो की सत्यता की पुष्टि नहीं करता है। थाना प्रभारी का व्यवहार पहले भी विवादों में रहा स्थानीय लोगों ने इस टिप्पणी पर आपत्ति जताते हुए कहा कि मुख्यमंत्री से लेकर पुलिस अधीक्षक तक सभी अधिकारी मर्यादित भाषा और आचरण का संदेश देते हैं। ऐसे में एक जिम्मेदार पुलिस अधिकारी द्वारा किसी समाज विशेष को लेकर इस प्रकार की टिप्पणी करना दुर्भाग्यपूर्ण है। कुछ लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि थाना प्रभारी का व्यवहार पहले भी विवादों में रह चुका है। मामले में रूपेंद्र शुक्ल ने उच्च अधिकारियों को प्रार्थना पत्र सौंपते हुए ऑडियो रिकॉर्डिंग के आधार पर निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की है। वहीं, एसएचओ राधे बाबू ने सफाई देते हुए कहा कि उनके बयान का आशय गलत तरीके से लिया गया है। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य किसी समाज विशेष का अपमान करना नहीं था, बल्कि उनका कहना था कि शिक्षित ब्राह्मण समाज विवाद से दूर रहता है। पुलिस अधीक्षक दीपक भूकर ने बताया- वायरल ऑडियो उनके संज्ञान में आया है। प्रथम दृष्टया मामले को गंभीर मानते हुए महेशगंज थाना प्रभारी राधे बाबू को लाइन हाजिर कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि पूरे प्रकरण की जांच सीओ सदर को सौंपी गई है और रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
उत्तर प्रदेश टेंट कैटरर्स एंड डेकोरेटर वेलफेयर एसोसिएशन के तत्वावधान में शनिवार को सर्वोदय नगर स्थित बिन्धवासनी होटल में बैठक आयोजित की गई। बैठक में कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में कम समय में दो बार हुई भारी बढ़ोतरी पर नाराजगी जताई गई।संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि गैस सिलेंडर की कीमतों में अचानक हुई वृद्धि से आम जनता के साथ-साथ व्यापारियों पर भी अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ा है। बैठक में कहा गया कि पहले करीब 350 रुपये और फिर लगभग दस दिन बाद 973 रुपये की बढ़ोतरी की गई, जो पहले कभी नहीं हुई। “व्यापारियों का हो रहा उत्पीड़न” संगठन के प्रदेशाध्यक्ष विजय कुमार ने कहा कि प्रशासन की ओर से व्यापारियों का उत्पीड़न किया जा रहा है, जिससे सरकार के प्रति रोष बढ़ रहा है।उन्होंने कहा कि 15 मई को पूरे प्रदेश में जिला अध्यक्षों के माध्यम से जिलाधिकारियों को ज्ञापन सौंपा जाएगा, जिसे मुख्यमंत्री तक भेजा जाएगा। ज्ञापन में कमर्शियल गैस सिलेंडर की बढ़ी हुई दरें वापस लेने की मांग की जाएगी। टेंट कारोबारियों की गाड़ियों को ‘नो एंट्री’ से राहत देने की मांग बैठक में टेंट कारोबारियों की गाड़ियों को नो एंट्री से राहत देने का मुद्दा भी उठाया गया। व्यापारियों का कहना था कि शादी-विवाह और अन्य सामाजिक आयोजनों में टेंट की गाड़ियां आम जनता की सुविधा के लिए चलती हैं, लेकिन ट्रैफिक पुलिस द्वारा उन्हें रोककर परेशान किया जाता है।संगठन ने आरोप लगाया कि इस संबंध में कई बार ब्रजेश पाठक और पुलिस अधिकारियों को ज्ञापन दिए गए, लेकिन कुछ समय बाद फिर कार्रवाई शुरू हो जाती है। “संकट के समय हमेशा सरकार के साथ खड़ा रहा व्यापारी” प्रदेशाध्यक्ष विजय कुमार ने कहा कि देश में जब भी संकट की स्थिति आई, व्यापारी वर्ग हमेशा सरकार के साथ खड़ा रहा है, चाहे कोरोना काल हो या कोई अन्य आपदा।उन्होंने कहा कि व्यापारियों को भी सम्मान मिलना चाहिए और सरकार को ऐसा समाधान निकालना चाहिए, जिससे टेंट कारोबारियों का उत्पीड़न बंद हो सके। 40 से 50 व्यापारी रहे मौजूद बैठक में पवन तलवार, उदय बलोत्रा, राजू, सोनू शुक्ला, विनोद शुक्ला, कीर्ति चौधरी, ऋतिक जायसवाल और जितेंद्र वर्मा समेत करीब 40 से 50 व्यापारी और पदाधिकारी मौजूद रहे।
पश्चिमी राजस्थान से हरिद्वार जाने वाले यात्रियों के लिए राहत की खबर है। गर्मी की छुट्टियों में बढ़ती भीड़ को देखते हुए उत्तर-पश्चिम रेलवे बाड़मेर-हरिद्वार-बाड़मेर के बीच द्वि-साप्ताहिक समर स्पेशल ट्रेन चलाएगी। यह ट्रेन 11 मई से पटरियों पर दौड़ेगी। यह 16 जुलाई तक कुल 20-20 फेरे लगाएगी। जोधपुर मंडल के डीआरएम अनुराग त्रिपाठी ने बताया- ग्रीष्मावकाश के दौरान हरिद्वार रूट पर यात्रियों का दबाव काफी बढ़ जाता है। इसे देखते हुए रेलवे ने यह स्पेशल ट्रेन शुरू की है, ताकि यात्रियों को कन्फर्म सीट मिल सके और उनका सफर सुगम हो। ट्रेन जोधपुर, मेड़ता रोड, नागौर और बीकानेर के रास्ते चलेगी। इससे इन शहरों के यात्रियों को भी सीधी सुविधा मिलेगी। 16 जुलाई तक हर सोमवार और गुरुवार को चलेगी डीआरएम अनुराग त्रिपाठी ने बताया- ट्रेन संख्या 04811 बाड़मेर-हरिद्वार समर स्पेशल 11 मई से 16 जुलाई तक हर सोमवार और गुरुवार को चलेगी। यह ट्रेन बाड़मेर से तड़के 4:15 बजे रवाना होगी। बायतु, बालोतरा, समदड़ी और लूणी होते हुए सुबह 8:40 बजे जोधपुर पहुंचेगी। यहां 10 मिनट के ठहराव के बाद सुबह 8:50 बजे आगे के लिए रवाना हो जाएगी। मेड़ता रोड, नागौर, नोखा, बीकानेर, सूरतगढ़, हनुमानगढ़, बठिंडा और अंबाला कैंट होते हुए यह ट्रेन अगले दिन सुबह 4:10 बजे हरिद्वार पहुंच जाएगी। वापसी में ट्रेन संख्या 04812 हरिद्वार-बाड़मेर स्पेशल 12 मई से 17 जुलाई तक हर मंगलवार और शुक्रवार को चलेगी। हरिद्वार से यह सुबह 5:15 बजे चलेगी और सहारनपुर, अंबाला, बठिंडा, हनुमानगढ़, बीकानेर और नागौर के रास्ते रात 2:30 बजे जोधपुर पहुंचेगी। यहां से 2:40 बजे रवाना होकर सुबह 7:30 बजे बाड़मेर पहुंच जाएगी। इन स्टेशन पर होगा ठहराव सीनियर डीसीएम हितेश यादव के अनुसार- इस ट्रेन का ठहराव रास्ते के 24 प्रमुख स्टेशनों पर रहेगा। इनमें गोटन, लालगढ़, लूनकरनसर, पीलीबंगा, मंडी डबवाली, संगरिया और धुरी भी शामिल हैं। यात्रियों की सुविधा के लिए ट्रेन में कुल 18 डिब्बे लगाए गए हैं। इनमें एक सेकेंड एसी, छह थर्ड एसी, पांच स्लीपर, चार जनरल और दो गार्ड कोच शामिल हैं। रेल प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि सफर पर निकलने से पहले एक बार ट्रेन का संशोधित समय जरूर देख लें, ताकि किसी तरह की परेशानी न हो।
विदिशा में रविवार रात सिविल लाइन थाना क्षेत्र के रंगई ब्रिज पर एक महिला से चेन स्नैचिंग की वारदात हुई। अज्ञात बदमाशों ने चलती बाइक पर सवार महिला के गले से सोने की चेन छीन ली और मौके से फरार हो गए। इस घटना ने एक बार फिर पुलिस व्यवस्था को चुनौती दी है। पीड़ित महिला की पहचान 50 वर्षीय दीपमाला गुप्ता के रूप में हुई है। वह अपने बेटे के साथ दोपहिया वाहन से रंगई स्थित बाढ़ वाले गणेश मंदिर दर्शन करने गई थीं। रात करीब 9 बजे जब उनकी बाइक रंगई ब्रिज के पास पहुंची, तभी पीछे से एक स्पोर्ट बाइक पर सवार दो युवक आए। बदमाशों ने दीपमाला गुप्ता के गले पर झपट्टा मारकर सोने की चेन खींच ली। वारदात इतनी तेजी से हुई कि महिला और उनका बेटा कुछ समझ पाते, उससे पहले ही आरोपी भोपाल रोड की ओर तेज रफ्तार में फरार हो गए। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। आसपास के सीसीटीवी खंगाल रही पुलिसघटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाल रही है, ताकि आरोपियों की पहचान कर जल्द गिरफ्तारी की जा सके। इस चेन स्नैचिंग की घटना ने शहर में सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सिरसा में एक मिस्त्री को बुरी तरह पीटा गया है। यह आरोप सिरसा पुलिस पर ही लगे हैं। मिस्त्री को कमर, पांव व पीठ पर चोटों के निशान है। घायल मिस्त्री को अस्पताल से आने के बाद घर भेज दिया गया है। अभी मिस्त्री की हालत ठीक नहीं है। बताया जा रहा है कि एक व्यक्ति को भी पीटने का आरोप है। सूत्रों के अनुसार, शराब पीने व शराब पिलाने वालों को लेकर पुलिस के साथ तू-तड़ाक हो गई। इसे बाद पुलिस मिस्त्री व दूसरे को थाने ले गई और वहां लेकर जाने के बाद दोनों के साथ मारपीट की। पुलिस ने डंडों से पीटा है और पीठ पर काफी निशान है। आपत्तिजनक स्थिति में घायल निशान भी नहीं दिखा पाए। जब इस बारे में घायल मिस्त्री से संपर्क किया गया तो उन्होंने तबीयत ठीक न होने को कहा और सोमवार सुबह इस बारे में बातचीत करने एवं घटना के बारे में जानकारी देने की बात कही गई। वहीं, इस बारे में सदर थाना पुलिस से संपर्क किया गया, पर कोई जवाब नहीं मिला।
526 ग्राम MD के साथ एक तस्कर पकड़ा:सप्लाई देने के लिए आया था, पुलिस टीम कर रही मामले को लेकर पूछताछ
अवैध नशा तस्करों व गैंगस्टरों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत जोधपुर पुलिस ने अवैध MD ड्रग के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार किया। पुलिस ने 526 ग्राम अवैध एमडी ड्रग्स बरामद कर सीवरों की ढाणी काकेलाव निवासी आरोपी विक्रम विश्नोई को गिरफ्तार किया। पुलिस उपायुक्त पश्चिम कमल शेखावत के निर्देशन में विवेक विहार थानाधिकारी दिलीप खदाव के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया। पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि बरामद एमडी ड्रग्स की सप्लाई जोधपुर के चर्चित वासुदेव इसराणी हत्याकांड के आरोपी भोमाराम बिश्नोई उर्फ भीमसागर द्वारा की गई थी। उल्लेखनीय है कि वासुदेव इसराणी हत्याकांड में लॉरेंस गैंग के शूटरों और उनके साथियों पर फिरौती नहीं देने पर गोली मारकर हत्या करने का आरोप है। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी विक्रम विश्नोई यह एमडी ड्रग्स सजाड़ा लूणी निवासी पवन जांगिड़ को सप्लाई करने वाला था। पुलिस अब पूरे नेटवर्क और तस्करी से जुड़े अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है। पुलिस आरोपी से एमडी ड्रग्स के खरीद-फरोख्त नेटवर्क, सप्लायरों और संभावित ग्राहकों के संबंध में पूछताछ कर रही है।
निंबाहेड़ा में भाजपा पार्षद मयंक अग्रवाल के खिलाफ नगर परिषद आयुक्त कौशल कुमार खटुम्बरा और कर्मचारियों को जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया है। नगर परिषद कर्मचारियों ने शनिवार रात निंबाहेड़ा कोतवाली थाने में इसकी रिपोर्ट दर्ज कराई है। शिकायत के अनुसार, शनिवार रात करीब 9 बजे एक अज्ञात नंबर से नगर परिषद आयुक्त और कर्मचारियों को वॉट्सएप कॉल पर जान से मारने और 'चेंबर में सबक सिखाने' की धमकी दी गई। बाद में, शिकायत में मयंक अग्रवाल का नाम सामने आया, जिन्होंने 9 मई 2026 को रात करीब 10 बजे इंटरनेट कॉल कर धमकाया। कर्मचारियों ने बताया कि धमकी भरे वॉट्सएप मैसेज के स्क्रीनशॉट उनके सरकारी मोबाइल पर उपलब्ध हैं, जिन्हें पुलिस जांच के दौरान उपलब्ध कराया जाएगा। कर्मचारियों ने अपनी शिकायत में यह भी उल्लेख किया कि वर्तमान में नगर परिषद निम्बाहेड़ा में भारत की जनगणना का कार्य चल रहा है और इस तरह के आपराधिक कृत्यों से राजकीय कार्य और जनगणना प्रभावित होगी। उन्होंने चेतावनी दी कि भविष्य में यदि आयुक्त या नगर परिषद के किसी भी कर्मचारी को जान-माल की हानि होती है, तो इसके लिए मयंक अग्रवाल पूरी तरह जिम्मेदार होंगे। नगर परिषद कर्मचारियों ने पुलिस से तत्काल कानूनी कार्रवाई करने और आरोपी मयंक अग्रवाल को पाबंद करने की मांग की है। उन्होंने जांच के बाद आवश्यक होने पर संबंधित धाराओं में अलग से एफआईआर दर्ज कराने की बात भी कही है।
कांकेर जिले के चारामा विकासखंड के ग्राम जेपरा में एक दुर्लभ घटना सामने आई है। यहां दिनेश पटेल के घर एक बकरी ने एक साथ पांच स्वस्थ बच्चों को जन्म दिया है। यह खबर तेजी से फैल रही है। जन्म लेने वाले पांच बच्चों में तीन बकरा और दो बकरी हैं। स्थानीय लोगों और बुजुर्गों का मानना है कि आमतौर पर बकरियां एक या दो, अधिकतम तीन बच्चों को जन्म देती हैं। एक साथ पांच बच्चों का जन्म होना एक असाधारण घटना मानी जा रही है। इस अनोखी घटना को देखने के लिए दिनेश पटेल के घर पर ग्रामीणों की भीड़ उमड़ पड़ी है। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है, जिससे यह खबर दूर-दूर तक पहुंच रही है। दिनेश पटेल ने बताया कि जन्म लेने वाले सभी पांच बच्चे पूरी तरह से स्वस्थ हैं। वे फिलहाल इन छोटे बच्चों को दाना-पानी दे रहे हैं और उनकी विशेष देखभाल कर रहे हैं ताकि उन्हें किसी प्रकार की हानि न पहुंचे।
नूंह के ऐतिहासिक नल्लहड़ेश्वर मंदिर में 11 मई को 'सोमनाथ स्वाभिमान पर्व' का आयोजन किया जाएगा। इस धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम के लिए प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। पुन्हाना से विधायक मोहम्मद इलियास इसमें विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल होंगे। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के संबोधन का सीधा प्रसारण किया जाएगा। केंद्रीय राज्य मंत्री राव इंद्रजीत सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। ADC ने तैयारियों का निरीक्षण किया विधायक मोहम्मद इलियास की उपस्थिति को मेवात क्षेत्र में सामाजिक भाईचारे और सांप्रदायिक सौहार्द के प्रतीक के रूप में देखा जा रहा है। ऐसे आयोजनों में सभी समुदायों की भागीदारी क्षेत्र की एकता और आपसी विश्वास को मजबूत करती है। अतिरिक्त उपायुक्त ज्योति ने कार्यक्रम की तैयारियों का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को साफ-सफाई, सुरक्षा, पेयजल, बिजली, पार्किंग और यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। प्रशासन का कहना है कि श्रद्धालुओं और आम जनता को कोई परेशानी नहीं होने दी जाएगी। नल्लहड़ेश्वर मंदिर परिसर को सजाने का कार्य अंतिम चरण में है। प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, कार्यक्रम को भव्य और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए सभी विभागों को जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। यह 'सोमनाथ स्वाभिमान पर्व' जिले में धार्मिक आस्था के साथ-साथ सामाजिक एकजुटता का संदेश भी दे रहा है।
एमसीबी जिले के चिरमिरी में 17 मई से 26 मई तक श्रीराम कथा का आयोजन किया जाएगा। परम पूज्य स्वामी श्रीरामभद्राचार्य महाराज कथा व्यास के रूप में श्रद्धालुओं को कथा का रसपान कराएंगे। आयोजन को लेकर शहर में तैयारियां जारी हैं। आयोजन की तैयारियों के संबंध में चिरमिरी में एक महत्वपूर्ण बैठक हुई। इसमें सभी समाज प्रमुख, जनप्रतिनिधि और आमजन शामिल हुए। प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल भी बैठक में मौजूद रहे। इस दौरान कथा को सफल बनाने के लिए विभिन्न व्यवस्थाओं पर विस्तृत चर्चा की गई। 17 मई से कलश यात्रा के साथ कथा का शुभारंभ आयोजन समिति के अनुसार, कथा का शुभारंभ 17 मई, रविवार को विशाल कलश यात्रा के साथ होगा। चिरमिरी, मनेंद्रगढ़, बैकुंठपुर, खड़गवां और आसपास के क्षेत्रों से हजारों श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पेयजल, बैठक व्यवस्था, पार्किंग, सुरक्षा और यातायात प्रबंधन की तैयारियां की जा रही हैं। बैठक में उपस्थित लोगों ने बताया कि सरगुजा संभाग में इस स्तर का धार्मिक आयोजन पहली बार हो रहा है। कथा को लेकर क्षेत्र में धार्मिक माहौल बना हुआ है।
सिरसा जिले के महा ग्राम गंगा में रविवार को ऐतिहासिक गंगा मैया तालाब में हजारों मछलियां मर गईं। सीवरेज का गंदा पानी तालाब में मिलने से यह घटना हुई, जिससे तालाब का पानी भी दूषित हो गया। तालाब से तेज दुर्गंध आने पर आसपास के लोगों ने देखा कि मरी हुई मछलियां पानी की सतह पर तैर रही थीं। ग्रामीणों ने तुरंत सरपंच और संबंधित विभाग को इसकी सूचना दी। हालांकि, इस पर कोई ध्यान नहीं दिया गया, जिससे ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया। ग्रामीणों ने बताया कि करीब पांच साल पहले ठेकेदार द्वारा सीवरेज डालने का काम जल्दबाजी में किया गया था। उनका आरोप है कि इसी सीवरेज पाइपलाइन से गंदा पानी रिसकर गंगा मैया तालाब में मिल गया, जहां नहर का पानी भी आता है। ग्रामीणों बोले-विभाग और ठेकेदार को बताया था इस रिसाव के कारण तालाब की मछलियां मर गईं और गंगा मैया का पानी पूरी तरह से दूषित हो गया। ग्रामीणों ने जन स्वास्थ्य विभाग और ठेकेदार को भी इस बारे में सूचित किया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। आक्रोशित ग्रामीणों ने संबंधित विभाग के खिलाफ नाराजगी जताते हुए शीघ्र समाधान की मांग की है। दुर्गंध के कारण बीमारियों के फैलने का भी भय बना हुआ है। ग्रामीण कमलेश पारीक, चंद्र मोहन बिश्नोई, रामपाल बिश्नोई, रामकुमार, डॉ. जीतराम, पवन टेलर, ओम प्रकाश शर्मा और पृथ्वीराज सहित अन्य ने बताया कि गांव के बीच में करीब 5 से 6 एकड़ में बने इस धार्मिक आस्था के केंद्र तालाब में सीवरेज का पानी लीकेज होकर मिल रहा है। लाखों रुपए भ्रष्टाचार की भेंट चढ़े उन्होंने आरोप लगाया कि पांच साल पहले डाले गए सीवरेज से गलियां पूरी तरह से उखड़ गईं और लाखों रुपए भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गए। प्रशासन के जागने पर ठेकेदार ने लीपापोती की, लेकिन कार्य संतोषजनक नहीं था, जिसका खामियाजा पूरे गांव को भुगतना पड़ रहा है। ठेकेदार द्वारा आनन-फानन में सीवरेज की पाइपलाइन तो डाल दी गई, लेकिन कनेक्शन को पूरी तरह से दुरुस्त नहीं किया गया। जिसके रिसाव हो जाने से गंगा मैया तालाब का पानी दूषित हो गया। जिससे हजारों की संख्या में मछलियां मर गई और दुर्गंध के कारण बीमारी फैलने का भय बना गया। ग्रामीणों का स्वास्थ्य विभाग के प्रति भी आक्रोश वहीं, ग्रामीणों का स्वास्थ्य विभाग के प्रति भी आक्रोश है कि इतना सब कुछ हो जाने के बावजूद भी विभाग नहीं जागा। उन्होंने प्रशासन से आग्रह कर शीघ्र मरी हुई मछलियों को तालाब से निकलकर इस समस्या से निजात दिलवाई जाए। वहीं ग्रामीणों के आक्रोश को देखते हुए मत्स्य विभाग की ओर से मरी हुई मछलियों को निकलने का कार्य किया जा रहा है। सुपरवाइजर बोले- तालाब का पानी कम था इस बारे में मत्स्य विभाग के सुपरवाइजर रंजीत कुमार ने बताया कि तालाब में पानी कम था। जिससे पानी का तापमान बढ़ गया। अमोनिया गैस की मात्रा बढ़ जाने से ऑक्सीजन काम हो गई। जिस कारण मछलियां मर गई। तालाब में पानी कम था। मछलियों की मात्रा ज्यादा थी। इस कारण मछलियां मर गई। शीघ्र ही मरी हुई मछलियों को निकाल कर ग्रामीणों को आ रही समस्या से निजात दिलवाई जाएगी।
मध्य प्रदेश सरकार ने जबलपुर क्रूज हादसे की न्यायिक जांच के आदेश जारी कर दिए हैं। इसके लिए हाई कोर्ट के रिटायर्ड जज संजय द्विवेदी की अध्यक्षता में एक सदस्यीय जांच आयोग बनाया है। सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा रविवार को जारी अधिसूचना के अनुसार, यह आयोग राज्य शासन जांच आयोग अधिनियम, 1952 की धारा 3 के तहत काम करेगा। आयोग को 3 महीने के भीतर 5 बिंदुओं पर जांच करके अपनी रिपोर्ट देनी होगी। बता दें कि जबलपुर के बरगी डैम में 30 अप्रैल को क्रूज डूबने से 13 लोगों की जान चली गई थी। इनमें 8 महिलाएं, 4 बच्चे और एक पुरुष शामिल हैं। करीब 60 घंटे के रेस्क्यू के बाद पानी से सभी शव निकाले जा सके थे। इन पांच बिंदुओं पर करनी होगी जांच 3 बर्खास्त, एक निलंबित, एक कर्मचारी को अटैच किया हादसे के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जबलपुर पहुंचकर दुर्घटना स्थल का निरीक्षण किया था। मृतकों के परिवार से भी मुलाकात की थी। सीएम के दौरे के बाद सरकार ने मामले में एक्शन लिया था। जिसमें क्रूज पायलट महेश पटेल, क्रूज हेल्पर छोटेलाल गोंड और टिकट काउंटर प्रभारी (FOA) बृजेंद्र की सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त की गई थीं। वहीं, होटल मैकल रिसॉर्ट और बोट क्लब बरगी के मैनेजर सुनील मरावी को लापरवाही बरतने के कारण निलंबित किया गया था। रीजनल मैनेजर संजय मल्होत्रा को मुख्यालय अटैच कर विभागीय जांच शुरू की गई है। एक कमेटी भी बनाई गई है, जो हादसे की मुख्य वजह की जांच कर रही है। जबलपुर की कोर्ट दे चुकी FIR करने के निर्देश 6 मई को जबलपुर की कोर्ट ने बरगी डैम हादसे में क्रूज के पायलट और स्टाफ पर FIR के निर्देश दिए थे। न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी डीपी सूत्रकार की कोर्ट ने स्वत: संज्ञान लेकर कहा था- पायलट ने लापरवाही से क्रूज चलाया, जिससे हादसा हुआ और कई लोगों की मौत हो गई। अदालत ने कहा था कि पायलट क्रूज की गतिविधियों से परिचित था, लेकिन वह उसमें सवार लोगों को डूबता छोड़कर सुरक्षित बाहर निकल गया। यह भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 106 और 110 के तहत अपराध है। यदि FIR और जांच नहीं हुई, तो भविष्य में भी क्रूज या नाव चलाने वाले लोग अनहोनी में यात्रियों को डूबता छोड़ सकते हैं। ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति हो सकती है। मामले से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… जिम्मेदार आंधी नहीं, अंधा-बहरा सिस्टम है लाइफ जैकेट…जिसमें जिंदगी ही नहीं बची थी। उसमें था मां के साथ लिपटे एक मासूम का शव। जबलपुर के बरगी डैम हादसे के बाद किसी चमत्कार की आस लगाए बैठे बचाव दल और परिवार के लिए वो पल झकझोर देने वाला था…जब मां-बेटे का शव बाहर निकाला गया। बेटे को बचा लेने की चिंता और जिद दिखाती वो तस्वीर रुला देने वाली थी, कितना दर्द समेटे थी। पढ़ें पूरी खबर…
मंडला में पुलिस अधीक्षक राजेश रघुवंशी के निर्देश पर शहर के प्रमुख घाटों और सार्वजनिक स्थलों पर शाम-रात के समय पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है। पुलिस संवेदनशील और सुनसान क्षेत्रों में लगातार चेकिंग अभियान चला रही है, जिसका उद्देश्य अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाना और नागरिकों में सुरक्षा का भरोसा पैदा करना है। इसी क्रम में, रविवार शाम एसडीओपी पीयूष मिश्रा, कोतवाली थाना प्रभारी शफीक खान और पुलिस बल ने माहिष्मती घाट के साथ कुंभ स्थल पर सघन जांच अभियान चलाया। इस दौरान मोबाइल लाइटिंग टावर का उपयोग कर क्षेत्र को रोशन किया गया। साथ ही, नाइट विजन ड्रोन सहित आधुनिक उपकरणों की मदद से निगरानी रखी गई। संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष नजर एसडीओपी पीयूष मिश्रा ने बताया कि यह अभियान लगातार जारी रहेगा। घाटों और आसपास के क्षेत्रों में संदिग्ध व्यक्तियों और गतिविधियों पर विशेष नजर रखी जा रही है। किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि पाए जाने पर नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस आम लोगों से संवाद कर उन्हें सुरक्षा संबंधी समझाइश भी दे रही है। पुलिस के मुताबिक, माहिष्मती घाट, रपटा घाट, नाव घाट, जेल घाट, रंगरेज घाट, किला घाट, गऊ घाट, संगम घाट, कुंभ घाट, दादा धनीराम घाट और सहस्त्रधारा घाट सहित विभिन्न घाटों पर नियमित गश्त और चेकिंग की जा रही है।
मैहर जिले के अमरपाटन थाना क्षेत्र में नेशनल हाईवे-30 पर रविवार शाम एक सड़क हादसे में एक महिला की मौत हो गई। परसवाही गांव के पास एक तेज रफ्तार ट्रक ने बाइक से गिरी महिला को कुचल दिया। घटना के बाद गुस्साए ग्रामीणों ने हाईवे पर जाम लगा दिया। जानकारी के अनुसार, बारी गांव निवासी 40 वर्षीय सरोज साकेत पति कमलेश साकेत रविवार को अपने बेटे और बेटी के साथ अमरपाटन बाजार गई थीं। शाम को बाजार से लौटते समय परसवाही के पास सरोज साकेत चलती बाइक से बेकाबू होकर सड़क पर गिर गईं। तभी पीछे से आ रहे एक तेज रफ्तार ट्रक ने उन्हें कुचल दिया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। उनके पति, बेटे और बेटी इस हादसे में सुरक्षित बच गए। हाईवे जाम, शव के पास रोती रही बेटी घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जमा हो गए। ग्रामीणों ने नेशनल हाईवे-30 पर चक्काजाम कर दिया, जिससे सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। हादसे के बाद मां के शव के पास बैठकर बेटी रोती। ग्रामीणों को दी समझाइश, ट्रक जब्त अमरपाटन थाना प्रभारी विजय सिंह पारस्ते पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों को उचित कार्रवाई और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम का आश्वासन दिया। करीब एक घंटे की समझाइश के बाद ग्रामीणों ने जाम हटाया, जिसके बाद आवागमन सामान्य हो सका। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त ट्रक को जब्त कर थाने में खड़ा करवा दिया है। मृतका के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है और मर्ग कायम कर मामले की जांच की जा रही है। परिजनों को समझादश देकर समझाया सीएसपी महेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि परिजनों को समझाइश के बाद मामला शांत कराया गया है। इसके साथ ही NHAI के द्वारा मृतक के परिजनों को 10 हजार की सहायता राशि दी गई है। शव मॉर्चुरी में रखवाया गया है। फिलहाल पुलिस मामला दर्ज कर जांच में जुटी हुई है।
ग्वालियर के थाना थाटीपुर क्षेत्र स्थित श्रीराम कॉलोनी में पुरानी रंजिश के चलते 8 मई की शाम करीब 7 बजे सुरेश नगर सरकारी मल्टी स्थित विनोद टेंट की दुकान के पास हुए खूनी हमले में घायल 24 वर्षीय कल्लू सेन पुत्र अच्छेलाल सेन की शनिवार शाम इलाज के दौरान मौत हो गई। युवक की मौत के बाद परिजन में भारी आक्रोश फैल गया। घटना के बाद शनिवार रात परिजन ने पोस्टमार्टम हाउस पर करीब एक घंटे तक हंगामा किया और शव लेने से इनकार कर दिया। उनकी मांग थी कि हत्या में शामिल सभी आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार किया जाए। सूचना मिलने पर पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी का आश्वासन देकर परिजन को शांत कराया। इसके बाद परिजन शव लेने के लिए तैयार हुए। वहीं रविवार को पोस्टमार्टम हाउस से शव लेने के बाद परिजन फिर भड़क उठे। उन्होंने थाटीपुर चौराहे पर शव रखकर चक्का जाम कर दिया और पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करने लगे। प्रदर्शन के चलते कुछ समय तक यातायात बाधित रहा। परिजन का आरोप है कि घटना के बाद उन्होंने थाने में शिकायत की थी, लेकिन पुलिस ने समय रहते कार्रवाई नहीं की। उनका कहना है कि यदि पुलिस पहले कार्रवाई करती, तो युवक की जान बच सकती थी। मौके पर पहुंची पुलिस ने लोगों को समझाने का प्रयास किया और काफी मशक्कत के बाद यातायात बहाल कराया। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। पुलिस ने मृतक के परिजन की शिकायत पर महाकाल उर्फ मृत्युंजय, राजा जाटव, अनिकेत चौरसिया, आशीष चौहान उर्फ लल्ला, प्रदीप मोटा, प्रिंस गुर्जर, कृष्णा जाटव और निखिल बरैया सहित आठ नामजद आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। सभी आरोपी फिलहाल फरार बताए जा रहे हैं और उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही है।
धार जिले के सरदारपुर स्थित सब जेल में रविवार शाम को विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें जिला विधिक सेवा प्राधिकरण धार के सचिव प्रदीप कुमार सोनी ने बंदियों को उनके कानूनी अधिकारों और विधिक सेवाओं की जानकारी दी। कार्यक्रम के दौरान बंदियों को निःशुल्क कानूनी सहायता, जमानत याचिका, अपील प्रक्रिया और अन्य कानूनी प्रावधानों के बारे में विस्तार से समझाया गया। सचिव प्रदीप कुमार सोनी ने बताया कि प्रत्येक व्यक्ति को न्याय पाने का अधिकार है। उन्होंने कहा कि जरूरतमंद बंदियों को विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा निःशुल्क सहायता उपलब्ध कराई जाती है। इस अवसर पर जेल की व्यवस्थाओं का भी निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान व्यवस्थाएं संतोषजनक पाई गईं। कार्यक्रम में सहायक जेल अधीक्षक संजय कुमार परमार, वारंट शाखा प्रभारी सियाराम लिमनपुरे, प्रहरी राजकुमार अहिरवार, विकम भाबोर, घनश्याम प्रजापति सहित अन्य ड्यूटीरत कर्मचारी मौजूद रहे।
मंदसौर शहर के बीचों-बीच स्थित कालाखेत क्षेत्र से करीब 28 वर्षों से चला आ रहा अतिक्रमण आखिरकार दो दिनों की बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई के बाद पूरी तरह हटा दिया गया। करीब 70 करोड़ रुपए मूल्य की बेशकीमती जमीन को मुक्त कराने के लिए शनिवार सुबह से शुरू हुआ अभियान रविवार देर शाम तलक जारी रहा। प्रशासन की सख्ती और समझदारी भरे समन्वय के चलते वर्षों से उलझा यह मामला आखिरकार सुलझ गया। रविवार शाम करीब 7 बजे कलेक्टर अदिति गर्ग, एसपी विनोद कुमार मीणा, एडिशनल एसपी टीएस बघेल, अपर कलेक्टर एकता जायसवाल, एसडीएम शिवलाल शाक्य सहित जिले के कई तहसीलदार, पटवारी, थाना प्रभारी और नगर पालिका व राजस्व विभाग का अमला कालाखेत पहुंचा और मौके का निरीक्षण किया। प्रशासन ने हटाए गए पूरे क्षेत्र का जायजा लेते हुए वहां तार फेंसिंग का कार्य भी शुरू करवाया, जो अंतिम चरण में पहुंच चुका है। पहले दिखाई सख्ती, खुद हटाने लगे सामानशुक्रवार शाम प्रशासन द्वारा सख्त रुख अपनाने के बाद कालाखेत में रह रहे साठिया समुदाय के लोगों ने स्वयं ही अपना सामान समेटना शुरू कर दिया था। हालांकि कार्रवाई के दौरान कई बार समुदाय और प्रशासनिक अधिकारियों के बीच बहस और नोकझोंक भी हुई, लेकिन अंततः प्रशासन ने पूरा क्षेत्र खाली करवा लिया। शनिवार और रविवार दोनों दिन भारी पुलिस बल की मौजूदगी में जेसीबी मशीनों से अवैध झोपड़ियां, गुमटियां और टीनशेड हटाए गए, जबकि ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के माध्यम से सामान नई जगह शिफ्ट कराया गया। लंबे समय से अतिक्रमण के कारण ढका हुआ शॉपिंग कॉम्प्लेक्स अब पूरी तरह दिखाई देने लगा है। दिनभर मैदान बना प्रशासनिक कैंपकार्रवाई के दौरान कालाखेत मैदान में प्रशासनिक वाहनों का जमावड़ा लगा रहा। पुलिस के दर्जनों वाहन, अधिकारियों की गाड़ियां, फायर ब्रिगेड, वज्र वाहन और 2 से 3 एंबुलेंस पूरे समय मौके पर मौजूद रहीं। स्कूल के सामने टेंट लगाकर अधिकारियों ने कार्रवाई की मॉनिटरिंग की। यहां डिप्टी कलेक्टर, एसडीएम, तहसीलदार, नगर पालिका, पुलिस और राजस्व विभाग का पूरा अमला तैनात रहा। कालाखेत से अतिक्रमण हटाने को लेकर पिछले कई वर्षों में प्रयास किए गए, लेकिन कभी पुनर्वास की समस्या तो कभी समुदाय से संवाद की कमी के कारण समाधान नहीं निकल पाया। इस बार प्रशासन और नगर पालिका ने रणनीतिक तरीके से कार्य करते हुए ऐसा समन्वय बनाया कि बिना बड़े विवाद के कार्रवाई पूरी हो गई। शहरवासियों ने भी इस कार्रवाई के बाद राहत की सांस ली है। यहां बनेंगे स्पोर्ट्स सेंटर और आधुनिक सुविधाएंकलेक्टर अदिति गर्ग ने बताया कि कालाखेत क्षेत्र में लंबे समय से स्पोर्ट्स सेंटर और अन्य खेल सुविधाओं के विकास की योजना लंबित थी, लेकिन अतिक्रमण के कारण काम आगे नहीं बढ़ पा रहा था। अब जमीन मुक्त होने के बाद यहां शॉपिंग कॉम्प्लेक्स, स्पोर्ट्स फैसिलिटी और अन्य विकास कार्य किए जाने की योजना है। उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य शहर को बेहतर मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना है। साथ ही विस्थापित समुदाय को भी मुख्यधारा से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। प्रशासन ने साठिया समुदाय को फिलहाल शिवना ब्रिज के पास स्थान उपलब्ध कराया है। वहां पेयजल, प्रकाश व्यवस्था, हैंडपंप खनन और अस्थायी शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाएं विकसित की जा रही हैं ताकि विस्थापित परिवारों को परेशानी न हो। 1998 में शुरू हुआ था मिनी स्टेडियम प्रोजेक्टकालाखेत में वर्ष 1998 में शिक्षा विभाग ने मिनी स्टेडियम परियोजना के पहले चरण के तहत 125 से अधिक दुकानों का निर्माण शुरू करवाया था। वर्ष 2002-03 तक कई व्यापारियों ने दुकानें खरीद भी ली थीं। इसी दौरान साठिया समुदाय ने वहां बसना शुरू कर दिया प्रोजेक्ट के दूसरे चरण में 80 दुकानों और मिनी स्टेडियम का निर्माण होना था, लेकिन अतिक्रमण के कारण योजना अधूरी रह गई। शिक्षा विभाग के रिकॉर्ड के अनुसार यहां कुल 145 दुकानों का प्रस्ताव था, जिनमें से केवल 76 दुकानें ही बन सकीं। वर्तमान में यहां 24 अपूर्ण दुकानें और 45 अनिर्मित दुकानें मौजूद हैं। रिकॉर्ड के मुताबिक 74 किरायेदार यहां जुड़े हुए हैं, जबकि 15 लोगों को टोकन जारी किए गए थे कि निर्माण पूर्ण होने पर दुकानें दी जाएंगी। निर्माण कार्य अधूरा रहने के कारण कुछ लोग स्थान छोड़कर चले गए। पुनर्वास की जमीन पर भी उठा विवादजिस भूमि पर फिलहाल साठिया समुदाय को बसाया गया है, उस पर उद्यानिकी महाविद्यालय ने आपत्ति दर्ज कराई है। महाविद्यालय प्रबंधन ने 10 अप्रैल को कलेक्टर अदिति गर्ग और प्रभारी मंत्री निर्मला भूरिया को पत्र लिखकर हस्तक्षेप की मांग की थी। कॉलेज प्रबंधन का कहना है कि उक्त भूमि का उपयोग कृषि अनुसंधान, बीज उत्पादन और अन्य शैक्षणिक गतिविधियों के लिए किया जा रहा है। डीन रानाडे ने बताया कि इस संबंध में उचित कार्रवाई के लिए प्रशासन को पत्र भेजा गया है। शहर के विकास की दिशा में बड़ा कदमप्रशासन का मानना है कि कालाखेत क्षेत्र अतिक्रमण मुक्त होने के बाद शहर के विकास के लिए नई संभावनाओं का केंद्र बनेगा। वर्षों से रुकी खेल और व्यापारिक परियोजनाओं को अब गति मिल सकेगी। वहीं शहरवासियों को उम्मीद है कि यह क्षेत्र आने वाले समय में आधुनिक सुविधाओं और सुव्यवस्थित विकास का नया उदाहरण बनेगा।
नीमच में महू-नसीराबाद हाईवे पर रविवार को एक तेज रफ्तार कार ने स्कूटी सवार परिवार को टक्कर मार दी। इस हादसे में पति-पत्नी और उनकी आठ वर्षीय बेटी घायल हो गए। वहीं कार चालक मौके से फरार हो गया। घटना जैतपुरा फंटे के समीप धानुका फैक्ट्री के सामने हुई। प्राथमिक उपचार के बाद तीनों घायलों को मंदसौर रेफर किया गया है। जानकारी के अनुसार, मंदसौर जिले के फतेहगढ़ निवासी घनश्याम (42), उनकी पत्नी मीना चौधरी (32) और पुत्री हर्षिता (8) स्कूटी से जावी के पास स्थित बोरखेड़ी में धार्मिक दर्शन के लिए जा रहे थे। धानुका फैक्ट्री के सामने पहुंचते ही पीछे से आ रही तेज रफ्तार कार ने उनकी स्कूटी को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि स्कूटी सवार तीनों सड़क पर दूर जा गिरे। हादसे में घनश्याम और उनकी बेटी हर्षिता को चोटें आईं। मीना चौधरी को गंभीर चोटें लगी हैं और उनकी हालत नाजुक बताई जा रही है। राहगीरों की मदद से घायलों को तत्काल जिला चिकित्सालय पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें मंदसौर रेफर कर दिया गया। कार में सवार थे युवक घायल मीना चौधरी ने बताया कि हम सब स्कूटी से घर लौट रहे थे। अचानक से पीछे से कार ने टक्कर मार दी। कार में दो-तीन युवक सवार थे, जो दुर्घटना के बाद मौके से फरार हो गए। पुलिस ने मामला में जांच शुरू कर दी है।
उदयपुर में रविवार शाम को एक तेज रफ्तार कार अनियंत्रित होकर सड़क किनारे कुएं में गिर गई। हादसे में फालना निवासी व्यापारी अंकित जैन की मौत हो गई। ट्रैक्टर की मदद से कड़ी मशक्कत के बाद युवक के शव को कुएं से बाहर निकाला, जबकि कार को जेसीबी से बांधकर बाहर निकाला गया। हादसा सायरा थाना इलाके के रणकपुर घाटे में मग्गा के पास अमराई वेली के विकट मोड़ पर रविवार शाम 4:30 बजे की है। कुआं 50 से 100 फीट गहरा बताया जा रहा है, लेकिन कार 10 से 12 फीट नीचे ही गई। हादसे के बाद बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ एकत्र हो गई। सूचना मिलते ही सायरा थानाधिकारी कानाराम मय जाब्ता मौके पर पहुंचे। पुलिस ने ग्रामीणों और ट्रैक्टर की मदद से कड़ी मशक्कत कर युवक को कुएं से बाहर निकाला, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। वहीं जेसीबी की सहायता से दुर्घटनाग्रस्त कार को भी कुएं से बाहर निकाला गया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर सायरा अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवा दिया है। कार के नंबरों के आधार पर मृतक की पहचान फालना हाल बाली निवासी व्यापारी अंकित (29) पुत्र सुरेश जैन हुई है। जानकारी के मुताबिक, अंकित रविवार शाम को अपनी कार से फालना से सायरा की ओर अकेले आ रहे थे। इसी दौरान रणकपुर घाटे के अमराई वेली स्थित खतरनाक मोड़ पर करीब साढ़े 4 बजे कार की रफ्तार तेज होने से ड्राइवर संतुलन खो बैठा और कार सीधे सड़क किनारे स्थित कुएं में जा गिरी। पुलिस के अनुसार, सोमवार को शव का पोस्टमॉर्टम कराया जाएगा। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी है। सायरा थानाधिकारी कानाराम ने बताया कि कार मोड़ में असंतुलन होकर सेफ्टी दीवार को तोडते हुए अंदर साइड में 10 फीट खाई में कुआं था, जिसमें कार गिर गई। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंच कार के शीशे तोड़कर मृतक को बाहर निकाला। इनपुट ; गोपाल लोढ़ा, गोगुंदा
सीतापुर के मिश्रिख थाना क्षेत्र के सहादत नगर में रविवार दोपहर एक विवाहिता का शव घर के अंदर फंदे से लटका मिला। मायके पक्ष ने ससुरालजनों पर दहेज के लिए हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर जांच शुरू कर दी है। मृतका की पहचान सहादत नगर निवासी सोनी देवी (25) पत्नी उमेश मौर्या के रूप में हुई है। उनका शव संदिग्ध परिस्थितियों में घर के अंदर फंदे से लटका पाया गया। अब जानिए पूरा मामला… मृतका की मां कुंती देवी, निवासी मल्हपुर चौबे, थाना महोली ने कोतवाली में तहरीर दी है। उन्होंने पति उमेश मौर्या (पुत्र जगतपाल), ससुर जगतपाल (पुत्र कढिले) और सास बिट्टी (पत्नी जगतपाल) पर गंभीर आरोप लगाए हैं। कुंती देवी के अनुसार, उनकी बेटी सोनी की शादी 20 मई 2022 को उमेश मौर्या से हुई थी। गाड़ी के लिए दबाव बनाने का आरोप कुंती देवी ने बताया कि शादी के कुछ समय बाद तक सब कुछ ठीक था। लेकिन, करीब डेढ़ साल पहले उनके बेटे द्वारा चार पहिया वाहन खरीदने के बाद दामाद उमेश, सोनी पर गाड़ी लाने का दबाव बनाने लगा। मांग पूरी न होने पर सोनी को लगातार प्रताड़ित किया जाता था और जान से मारने की धमकियां भी दी जाती थीं। मृतका अपने पीछे तीन वर्षीय पुत्र और डेढ़ वर्षीय पुत्री छोड़ गई है। मां बोली- हत्या कर शव लटकाया गया मायके पक्ष का आरोप है कि सोनी की हत्या कर उसके शव को फंदे पर लटकाया गया है। कुंती देवी ने यह भी बताया कि करीब 15 दिन पहले वह अपनी बेटी को मायके लाने गई थीं, लेकिन ससुराल पक्ष ने उसे विदा नहीं किया। इसकी शिकायत उन्होंने कोतवाली में भी दर्ज कराई थी। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल पर पहुंची घटना की सूचना मिलने पर क्षेत्राधिकारी ब्रजेश कुमार और कोतवाल प्रदीप सिंह मौके पर पहुंचे। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए हैं। कोतवाल प्रदीप सिंह ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
कोरबा के दीपका थाना क्षेत्र में पति ने मामूली विवाद के बाद अपनी पत्नी पर बेलचे और ईंट से जानलेवा हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल 25 वर्षीय आशा यादव को एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। आरोपी पति अभिजीत यादव को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। यह घटना 8 मई की रात करीब 9 बजे बसंतपुर में हुई। प्रार्थिया आशा यादव ने पुलिस को बताया कि वह दिन में अपनी ननदों पूर्णिमा और पुष्पा के साथ सर्वमंगला मंदिर दर्शन करने गई थी। रात में पति अभिजीत यादव शराब के नशे में घर आया और इसी बात को लेकर विवाद करने लगा। पति ने गुस्से में बेलचे से किया हमला विवाद बढ़ने पर आरोपी पति ने गुस्से में घर में रखे बेलचे से आशा के सिर पर दो बार वार किया, जिससे वह वहीं बेहोश होकर गिर पड़ीं। आरोपी यहीं नहीं रुका। उसने आशा को पीटते हुए घर से बाहर सड़क तक घसीटा। इसके बाद सड़क पर पड़े डंडे और ईंट से उनकी पीठ और सिर पर कई वार किए। पीड़िता के अनुसार, आरोपी ने उनका गला भी दबाया। मारपीट के बाद पत्नी को मरा समझकर आरोपी मौके से भागा सांस लेने में तकलीफ होने पर जब आशा ने बचाव का प्रयास किया, तो आरोपी ने गाली-गलौज करते हुए कहा, मायके चली जा, नहीं तो तुझे जान से मार दूंगा। मारपीट के बाद आरोपी आशा को मरा समझकर मौके से भाग गया। 9 मई की शाम 4 बजे होश आने पर आशा ने अपने परिजनों को आपबीती बताई। इसके बाद शाम 8:25 बजे दीपका थाने पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई। दीपका पुलिस ने आरोपी अभिजीत यादव के खिलाफ अपराध क्रमांक 0/26, धारा 109(1) BNS के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। दीपका थाना पुलिस मामले की विवेचना कर रही है। आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। घायल महिला का कोरबा के निजी अस्पताल में इलाज जारी है और उनकी हालत गंभीर बताई जा रही है।
लखनऊ में रविवार को इस्लामिक सेंटर ऑफ इंडिया की ओर से ईदगाह ऐशबाग में 'सम्मान समारोह' का आयोजन हुआ । कार्यक्रम में शहर के विभिन्न स्कूलों और कॉलेजों के मेधावी छात्रों को सम्मानित किया गया। हाई स्कूल और इंटर की परीक्षाओं में 90 प्रतिशत या उससे अधिक नम्बर हासिल करने वालों को सम्मानित कर हौसला बढ़ाया गया। 300 छात्रों को मिला सम्मान सम्मान समारोह में लगभग 300 छात्रों को प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया। इनमें सीएमएस, ला मार्टिनियर कॉलेज, क्राइस्ट चर्च कॉलेज, कैथेड्रल कॉलेज, द लखनऊ पब्लिक कॉलेजिएट, सेंट मेरी इंटर कॉलेज, शाहीन अकादमी समेत विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों के छात्र-छात्राएँ शामिल थे। ‘छात्रों का हौसला बढ़ाना उद्देश्य’ चेयरमैन मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने छात्रों की मेहनत की प्रशंसा किया। उन्होंने कहा कि इस समारोह का उद्देश्य बच्चों का हौसला बढ़ाना और उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करना है। शहर और स्कूल को अपने होनहार बच्चों पर गर्व होना चाहिए। उन्होंने कहा कि बच्चों को होनहार बनाने में स्कूल , माता पिता और सोसाइटी का अहम योगदान होता है। सफल छात्रों की जिम्मेदारी है कि जो कमजोर बच्चे हैं उनका सहयोग करें। ‘स्क्रीन से दूरी बनाएं’ मौलाना ने कहा कि राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका सबसे अहम है। उन्होंने कहा कि यही छात्र भविष्य में देश के अधिकारी, शिक्षक, व्यापारी और नेता बनेंगे भारत की तरक्की और विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएँगे। उन्होंने कहा कि आगे बड़ी सफलता हासिल करने के लिए अनुशासन और मेहनत बेहद जरूरी है । इसलिए जरूरी है कि पढ़ाई में नियमितता बनाए रखें। मोबाइल और स्क्रीन का कम इस्तेमाल करना,किताबें पढ़ने की आदत डालना, नियमित लिखने का अभ्यास करना प्रतिदिन 5 से 6 घंटे सेल्फ स्टडी बेहद जरूरी है।
हरदोई के टड़ियावां थाना क्षेत्र में रविवार शाम एक लाइनमैन के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। इटौली पावर हाउस में तैनात लाइनमैन को कथित तौर पर बिजली के तार से पीटकर घायल कर दिया गया। घटना के बाद साथी लाइनमैन टड़ियावां थाने पहुंचे और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। पीड़ित लाइनमैन की पहचान आदित्य के रूप में हुई है, जो बघौली थाना क्षेत्र के परेनुआ गांव के निवासी हैं। वह इटौली पावर हाउस के भढ़ायल फीडर पर तैनात हैं। आरोपियों के खिलाफ शिकायत आदित्य ने आरोप लगाया कि रविवार शाम वह पॉलिटेक्निक की बिजली सही करने जा रहे थे। इसी दौरान पॉलिटेक्निक के पास दो पक्षों के बीच विवाद हो रहा था। उन्होंने रुककर मामला समझने का प्रयास किया, तभी गोबरहा गांव निवासी एक पिता-पुत्र ने उन्हें विरोधी पक्ष का सदस्य समझ लिया और हमला कर दिया। पीड़ित के मुताबिक, आरोपियों ने बिजली के तार से उनकी पिटाई की, जिससे उनकी पीठ पर गंभीर चोटें आई हैं। घटना के बाद आदित्य ने अपने साथी लाइनमैनों को सूचना दी। इसके बाद सभी कर्मचारी टड़ियावां थाने पहुंचे और आरोपियों के खिलाफ शिकायती पत्र देकर सख्त कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने घायल लाइनमैन को मेडिकल परीक्षण के लिए भेज दिया है। थाना पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सहारनपुर के नानौता क्षेत्र में रविवार देर शाम एक घर उस वक्त कत्लगाह में बदल गया, जब नशे में धुत एक युवक ने अपनी छह महीने की गर्भवती भाभी की फावड़े से वार कर निर्मम हत्या कर दी। आरोपी का गुस्सा इतना खौफनाक था कि उसने बचाने आए परिजनों और मोहल्ले वालों पर भी हमला करने की कोशिश की। करीब दो घंटे तक घर के भीतर दहशत का माहौल बना रहा। मृतका की पहचान सना नाज के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि उसकी शादी करीब एक साल पहले सलमान से लव मैरिज के जरिए हुई थी। परिवार में सब कुछ सामान्य चल रहा था, लेकिन रविवार शाम अचानक यह घर मातम में बदल गया। परिजनों के मुताबिक, सलमान का छोटा भाई आमिर नशे की हालत में घर पहुंचा। किसी बात को लेकर उसकी अपनी भाभी सना नाज से कहासुनी हो गई। मामूली विवाद कुछ ही मिनटों में खूनी संघर्ष में बदल गया। गुस्से में बेकाबू आमिर ने घर में रखा फावड़ा उठाया और सना नाज पर ताबड़तोड़ हमला बोल दिया। बताया गया कि आरोपी ने सना के सिर, पेट और छाती पर कई वार किए। गर्भवती महिला दर्द से तड़पती रही और घर के अंदर चीख-पुकार मच गई। शोर सुनकर उसका पति सलमान दौड़ता हुआ अंदर पहुंचा, लेकिन आमिर फावड़ा लहराते हुए दरवाजे पर खड़ा हो गया। उसने किसी को भी अंदर नहीं आने दिया। मोहल्ले के लोग भी मौके पर जमा हो गए, लेकिन आरोपी के हाथ में खून से सना फावड़ा देखकर कोई आगे बढ़ने की हिम्मत नहीं कर सका। इसी बीच सलमान जान बचाकर सीधे थाने पहुंचा और पुलिस को घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, मगर आरोपी ने पुलिस टीम को भी घर में घुसने नहीं दिया। बताया जा रहा है कि उसने घर में रखा गैस सिलेंडर भी खोल दिया और आग लगाने की धमकी देने लगा। इससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास के लोगों ने अपने घरों के दरवाजे बंद कर लिए। करीब दो घंटे की मशक्कत, समझाइश और घेराबंदी के बाद पुलिस ने आरोपी आमिर को काबू में कर लिया। इसके बाद महिला पुलिसकर्मियों को बुलाया गया और घर के अंदर पहुंचकर सना नाज का शव कब्जे में लिया गया। घटनास्थल पर पहुंची फॉरेंसिक टीम ने खून से सने फर्श, हथियार और अन्य सबूतों के नमूने जुटाए। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। शुरुआती जांच में नशे और घरेलू विवाद को हत्या की वजह माना जा रहा है। पूरे इलाके में इस वारदात के बाद सनसनी और दहशत का माहौल है।
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने विदिशा में ‘मामा कोचिंग क्लासेस’ का शुभारंभ किया। इंद्रप्रस्थ कॉलोनी स्थित ओशो आश्रम में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने फीता काटकर और नारियल फोड़कर निशुल्क प्रतियोगी कोचिंग संस्थान का उद्घाटन किया संस्थान में युवाओं को एमपीपीएससी, बैंकिंग, एसएससी, डीआरडीओ और फॉरेस्ट सर्विस जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की निशुल्क तैयारी कराई जाएगी। विद्यार्थियों को अनुभवी शिक्षकों का मार्गदर्शन, आधुनिक अध्ययन सामग्री और परीक्षा संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी। कार्यक्रम में शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि संकल्प और कड़ी मेहनत से युवा कोई भी लक्ष्य हासिल कर सकते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से पूरी लगन के साथ पढ़ाई करने और अपने लक्ष्य पर फोकस बनाए रखने की अपील की। मेधावी छात्रों का होगा सम्मान चौहान ने घोषणा की कि विदिशा, सीहोर और रायसेन जिले के 12वीं में उत्कृष्ट अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित किया जाएगा। साथ ही छात्रों के लिए करियर काउंसलिंग कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे, ताकि वे सही दिशा में आगे बढ़ सकें। कार्यक्रम के दौरान पर्यावरण संरक्षण और विकास कार्यों पर भी चर्चा हुई। शिवराज सिंह ने बताया कि केंद्र सरकार की टीम दो बार विदिशा आकर नदी का निरीक्षण कर चुकी है और जल्द ही वहां विकास कार्य शुरू होंगे। उन्होंने इसके लिए जनसहयोग की अपील भी की। उन्होंने कहा कि विदिशा में टाटा मेमोरियल सेंटर की एक छोटी कैंसर यूनिट शुरू करने पर विचार किया जा रहा है। इससे कैंसर मरीजों को इलाज के लिए बाहर जाने की परेशानी से राहत मिल सकेगी।
संभल में विवाहिता ने फांसी लगाकर दी जान:मायके पक्ष ने लगाया दहेज हत्या का आरोप, कार्रवाई की मांग
संभल के बहजोई थाना क्षेत्र में दहेज की मांग से परेशान एक विवाहिता ने साड़ी का फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद मायके पक्ष ने पति और ससुरालियों पर दहेज उत्पीड़न और हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू कर दी है। घटना चंदौसी तहसील के बहजोई थाना क्षेत्र के आलपुर मैथरा गांव की है। मृतका की पहचान 22 वर्षीय किरण पत्नी अखिलेश कुमार के रूप में हुई है। किरण का मायका गुन्नौर तहसील के धनारी थाना क्षेत्र के भिरावटी गांव में है। ससुराल वाले कर रहे थे दहेज की मांग बताया गया कि रविवार दोपहर करीब 3 बजे मायके पक्ष को गांव में अनहोनी की सूचना मिली। इसके बाद मृतका के भाई ने डायल 112 पर कॉल कर पुलिस को जानकारी दी और खुद भी मौके पर पहुंचा। वहां किरण मृत अवस्था में मिली।ससुराल वाले लगातार दहेज की मांग मायके पक्ष का आरोप है कि पति और कर रहे थे, जिससे परेशान होकर किरण ने सीलिंग फैन से साड़ी का फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतका अपने पीछे एक छोटे बच्चे को छोड़ गई है। सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर शाम करीब 7 बजे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घटना के बाद मायके पक्ष के लोगों ने दहेज हत्या का आरोप लगाते हुए हंगामा भी किया, हालांकि पुलिस के कार्रवाई के आश्वासन के बाद मामला शांत हुआ। मृतका के चचेरे भाई विकास यादव ने बताया कि किरण की शादी 23 अप्रैल 2024 को हुई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि शादी के समय गाड़ी के लिए मांगे गए पांच लाख रुपये में ढाई लाख रुपये दिए गए थे, लेकिन इसके बावजूद ससुराल पक्ष लगातार दहेज की मांग कर रहा था। उन्होंने कहा कि यह आत्महत्या नहीं, बल्कि हत्या है और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई कराई जाएगी। थाना प्रभारी राजीव कुमार ने बताया- महिला ने फांसी लगाकर आत्महत्या की है। मायके पक्ष के आरोपों की जांच की जा रही है और तहरीर मिलने पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
रीवा में सड़क सुरक्षा को लेकर लोगों को जागरूक करने के लिए यातायात पुलिस ने अनोखा अभियान चलाया। पुलिस ने चित्रगुप्त और यमराज की वेशभूषा में कलाकारों को शहर के प्रमुख चौराहों पर उतारकर ट्रैफिक नियमों का पालन करने का संदेश दिया। अनोखे अंदाज में चलाए गए इस अभियान ने राहगीरों और वाहन चालकों का ध्यान आकर्षित किया। कार्यक्रम के दौरान कलाकारों ने हेलमेट नहीं पहनने, सीट बेल्ट का उपयोग न करने और तेज रफ्तार से वाहन चलाने के दुष्परिणाम अभिनय के जरिए बताए। यमराज बने कलाकार ने नियम तोड़ने वालों को रोककर कहा कि लापरवाही सीधे मौत को न्योता देती है। वहीं चित्रगुप्त बने कलाकार ने लोगों को अच्छे और बुरे कर्मों का हिसाब समझाते हुए यातायात नियमों के पालन की सीख दी। लाइव डेमो में दिखाई हादसों की भयावहता अभियान के दौरान सड़क दुर्घटना का लाइव डेमो भी दिखाया गया। पुलिस और कलाकारों की टीम ने बताया कि तेज रफ्तार और लापरवाही कुछ ही सेकंड में जिंदगी खत्म कर सकती है। डेमो में बिना हेलमेट बाइक चलाने और सीट बेल्ट नहीं लगाने पर गंभीर चोट लगने की स्थिति को दर्शाया गया। इसे देखकर मौके पर मौजूद लोग काफी देर तक चर्चा करते रहे। यातायात पुलिस ने वाहन चालकों को रोककर हेलमेट पहनने, शराब पीकर वाहन नहीं चलाने, मोबाइल पर बात करते हुए ड्राइविंग नहीं करने और निर्धारित गति सीमा का पालन करने की अपील की। इस दौरान लोगों को ट्रैफिक नियमों की जानकारी देने के साथ पंपलेट भी वितरित किए गए। पुलिस बोली- उद्देश्य लोगों की जान बचाना थाना प्रभारी अनीमा शर्मा ने बताया कि सड़क दुर्घटनाओं में लगातार बढ़ोतरी चिंता का विषय है। अधिकांश हादसे यातायात नियमों की अनदेखी और लापरवाही के कारण होते हैं। लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से यह अभियान चलाया गया, ताकि आमजन नियमों का पालन करें और सड़क हादसों में कमी लाई जा सके। उन्होंने कहा कि पुलिस का उद्देश्य केवल चालानी कार्रवाई करना नहीं, बल्कि लोगों की जान बचाना है। कार्यक्रम के अंत में लोगों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे जागरूकता अभियान समय-समय पर आयोजित किए जाने चाहिए, ताकि लोग सड़क सुरक्षा के प्रति गंभीर बनें।
भगत सिंह सेना (BSS) सुप्रीमो नरेश मीणा फिर आंदोलन की राह पर चल पड़े हैं। वे सोमवार को विधानसभा क्षेत्र देवली उनियारा में पेयजल किल्लत को लेकर कलेक्टर टीना डाबी को ज्ञापन देंगे, फिर धरना शुरू करेंगे। नरेश मीणा ने बताया कि मैंने 2024 में देवली उनियारा विधानसभा से निर्दलीय उपचुनाव लड़ा था। लोगों ने मुझे करीब 60 हजार वोट देकर बड़ा समर्थन दिया था। यहां दूसरे नंबर पर रहा था। कांग्रेस प्रत्याशी की तो जमानत जब्त हुई थी। चुनाव के दौरान भी मैने लोगों से वादा किया था कि मैं हारु या जीतू, आपके सुख दुख में हमेशा आपके साथ खड़ा रहूंगा। उसके बाद जैसे समय मिलता है, इस विधानसभा क्षेत्र में लोगों के बीच आता रहता हूं करीब एक महीने से देवली उनियारा विधानसभा क्षेत्र में शादी ब्याह समेत अन्य कार्यक्रम में गांव गांव जा रहा हूं,। लोग सबसे ज्यादा पेयजल किल्लत की समस्या बता रहे हैं। हैरानी की बात यह है कि बीसलपुर बांध जिले में है और यहीं पानी कि किल्लत है, इसलिए मेरा फर्ज बनता कि मैं पेयजल किल्लत को दूर करने के लिए प्रयास करूं। इसके लिए कल सोमवार को मैं कलेक्टर को पेयजल किल्लत दूर करने आदि मांगों को लेकर ज्ञापन दूंगा और फिर दोपहर 12 बजे अनिश्चितकाल धरने पर बैठूंगा। वहीं, नरेश मीणा द्वारा सोशल मीडिया में लाइव आकर धरना देने की घोषणा करने के साथ ही प्रशासन भी अलर्ट हो गया है। कलेक्ट्रेट परिसर में किसी तरह से कोई व्यवस्था प्रभावित नहीं हो, इसको लेकर प्रशासन ने तैयारी शुरू कर दी है।
सलूंबर में लूट की नीयत से 80 साल की बुजुर्ग महिला की गला दबाकर हत्या कर दी। मर्डर के बाद चांदी के जेवर उतार लिए और शव को पुलिया के नीचे फेंककर फरार हो गया। आरोपी महिला के गांव का ही था। पुलिस ने घटना का खुलासा कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। घटना जिले के बनोड़ा गांव में 6 मई की है। आरोपी गांव का ही युवक निकला। आरोपी बहाने से महिला को बाइक पर बैठाकर 7 किमी दूर ले गया और गला दबाकर हत्या कर दी। गांव के युवक पर शक हुआ तो की पूछताछथानाधिकारी पवन सिंह ने बताया- बनोड़ा निवासी मरती देवी पत्नी रोडाजी पटेल 6 मई की शाम से गुमशुदा थीं। उनकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज होने के बाद पुलिस जांच कर रही थी। गुमशुदगी मामले की जांच करते हुए पुलिस को गांव के ही हिरालाल पटेल पर शक हुआ। पुलिस ने उससे पूछताछ की। जंगल में गला दबाकर मारा, जेवर लूटेसख्ती से पूछताछ पर आरोपी हिरालाल ने वारदात कबूल कर ली। पुलिस पूछताछ में आरोपी हिरालाल पटेल ने बताया कि 6 मई की शाम करीब 6:30 बजे वह मरती देवी को अपनी मोटरसाइकिल पर बैठाकर नानंगा होते हुए बेडावल रोड की तरफ ले गया था। बोरज और बेडावल के बीच सुनसान जंगल क्षेत्र में एक पुलिया के पास उसने महिला का गला दबाकर हत्या कर दी। हत्या के बाद आरोपी ने मरती देवी के पहने हुए चांदी के जेवर उतार लिए। इसके बाद उसने शव को पुलिया के नीचे फेंक दिया और मौके से फरार हो गया। आरोपी की निशानदेही पर पुलिस टीम जंगल क्षेत्र में पहुंची, जहां लाल कपड़ों में महिला का शव पुलिया के नीचे बरामद हुआ। परिजनों ने की पहचानशव से तेज दुर्गंध आ रही थी, जिससे यह अनुमान लगाया गया कि हत्या कई दिन पहले की गई थी। घटना की सूचना पर मृतका के परिजनों और ग्रामीणों को मौके पर बुलाया गया। परिजनों ने कपड़ों के आधार पर शव की पहचान मरती देवी के रूप में की। शव मिलने की खबर से पूरे गांव में सनसनी फैल गई और बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर जमा हो गए। पुलिस ने घटनास्थल की फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी करवाई। शव को जिला चिकित्सालय सलूम्बर की मॉर्च्युरी में रखवाया गया। रात अधिक होने के कारण पोस्टमार्टम अगले दिन किया गया। पुलिस पूरे मामले में आरोपी से गहन पूछताछ कर रही है और लूटे गए जेवरों की बरामदगी के प्रयास जारी हैं।
छत्तीसगढ़ के धमतरी में नेशनल हाईवे पर कुरूद राखी मोड़ के पास एक चलती मेटाडोर में अचानक आग लग गई। यह घटना शनिवार रात करीब ढाई बजे हुई। मेटाडोर में सोलर पैनल की 111 प्लेटें लोड थी, जो आग की चपेट में आने से पूरी तरह जलकर खाक हो गई। इस घटना में 55 लाख रुपए से अधिक के नुकसान का अनुमान लगाया गया है। आग लगते ही मेटाडोर के ड्राइवर जनक सिंह (निवासी भिंड) और उनके हेल्पर बेटे ने कूदकर अपनी जान बचाई। उन्होंने शुरुआत में अपने पास रखे अग्निशमन यंत्र से आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन आग की लपटें इतनी तेज थी कि वे उस पर काबू नहीं पा सके। पहले देखिए तस्वीरें रायपुर-धमतरी मार्ग पर सोलर पैनल से भरा मेटाडोर पलटा यह मेटाडोर (क्रमांक एमपी 07 GA 9795) गाजियाबाद (उत्तर प्रदेश) से सोलर पैनल की 111 प्लेटें लेकर मलकानगिरी, ओडिशा के लिए रवाना हुई थी। यह वाहन राष्ट्रीय राजमार्ग 30 रायपुर-धमतरी मार्ग से गुजर रहा था, तभी कुरूद से पहले राखी मोड़ के पास यह हादसा हुआ। घटना की सूचना तत्काल पुलिस और फायर ब्रिगेड को दी गई। हालांकि, जब तक दमकलकर्मी मौके पर पहुंचते और आग पर काबू पाते, तब तक मेटाडोर और उसमें लदे सोलर पैनल पूरी तरह जल चुके थे। आग लगने के कारणों की अभी पुष्टि नहीं हो पाई है। इस संबंध में कुरूद थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
सीकर में सर माधव स्कूल को दोबारा शुरू करने की मांग की जा रही है। माधव स्कूल की बिल्डिंग को सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर मूल हक में कल्याण धाम मंदिर को सौंप दिया गया है। अब कई जनप्रतिनिधि और संगठन माधव स्कूल को उसी बिल्डिंग में दोबारा बहाल करने की मांग कर रहे हैं। आज इसको लेकर सर माधव स्कूल बचाओ संयुक्त संघर्ष समिति की एक बैठक हुई। बैठक में माधव स्कूल बचाने के लिए जल्द ही आंदोलन की रणनीति तैयार करने पर विचार किया गया। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि कानूनी डॉक्यूमेंट्स के साथ माधव स्कूल की बहाली के लिए आंदोलन किया जाएगा। कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि इस पूरे मामले के कानूनी पहलू समझने होंगे। जनसमर्थन जुटाना और दिखाना पड़ेगा। सत्तापक्ष के लोगों को पूरी बात समझाकर उनका सहयोग लेना पड़ेगा। ये पॉलिटिकल पार्टियों की नहीं एक व्यक्ति के खिलाफ सामूहिक सोच की लड़ाई है। एक व्यक्ति सार्वजनिक शिक्षा को हड़पना चाहता है, उसे रोकने के लिए कोर्ट के आदेशों को रिव्यू करने की जरुरत है। पूर्व विधायक पेमाराम ने कहा कि स्कूल से ज्यादा जरूरी कुछ भी नहीं है। सीकर की सर्व माधव स्कूल में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और अफसर तैयार हुए हैं, ऐसे में इस विरासत को बचाने की जरूरत है। सभा संयोजक SFI के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सुभाष जाखड़ ने कहा कि कोई भी मंदिर शिक्षा के मंदिर से बड़ा नहीं हो सकता। संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले आंदोलन किया जाएगा। संयुक्त संघर्ष समिति के आह्वान पर हुई सभा को राजपूत सभा, कम्युनिस्ट पार्टी मार्क्सवादी, कांग्रेस, RLP, आम आदमी पार्टी, अखिल भारतीय किसान सभा, SFI, DYFI, किसान सभा (टिकैत), तेजा सेना, करणी सेना, जाट महासभा, व्यापार मंडल, कबड्डी संघ, शिक्षक संघ (शेखावत), शिक्षक संघ (अंबेडकर), अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी महासंघ समेत क ई संगठनों के प्रतिनिधियों ने संबोधित किया।
मुजफ्फरनगर के शिव चौक पर रविवार शाम पुलिस ने सघन चेकिंग अभियान चलाया। शाम 5 बजे से रात 8 बजे तक चले इस अभियान में मुख्य रूप से दुपहिया वाहनों को निशाना बनाया गया। चेकिंग के दौरान बिना हेलमेट, ट्रिपलिंग, बिना नंबर प्लेट और बिना लाइसेंस वाले वाहन चालकों पर कार्रवाई की गई। पुलिस ने मौके पर ही कई वाहनों के चालान काटे और उन्हें यातायात नियमों का पालन करने की हिदायत दी। शिव चौक स्थित आबकारी पुलिस चौकी इंचार्ज शशि कपूर की टीम ने मॉडिफाइड बाइकों और हाईप्रेशर हॉर्न लगाने वालों के खिलाफ विशेष कार्रवाई की। तेज आवाज करने वाले साइलेंसर और बड़े प्रेशर हॉर्न वाली कई बाइकों को सीज किया गया। महिला पुलिस टीम ने भी इस अभियान में सक्रिय भूमिका निभाई। उन्होंने महिला और छात्राओं की स्कूटी की जांच की और उन्हें हेलमेट पहनने, ट्रिपलिंग से बचने तथा यातायात नियमों का पालन करने के लिए जागरूक किया। इस अभियान के तहत रविवार को लगभग 15 दुपहिया वाहनों के चालान किए गए। इससे एक दिन पहले शनिवार को भी 26 चालान काटे गए थे। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा और यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
यूपी पीजीटी परीक्षा के दूसरे दिन रविवार को जिले के 14 परीक्षा केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच दो पालियों में परीक्षा आयोजित की गई। दोनों पालियों को मिलाकर 3552 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी, जबकि 7537 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। परीक्षा के पहले दिन भी उपस्थिति और अनुपस्थिति का आंकड़ा लगभग इसी तरह रहा था। परीक्षा केंद्रों पर सख्त चेकिंग के चलते कई महिला अभ्यर्थियों को कानों की इयररिंग्स, ज्वेलरी, घड़ी और चूड़ियां तक उतरवानी पड़ीं। आगरा कॉलेज में तीन परीक्षा केंद्र बनाए गए थे पहली पाली में कुल 5907 अभ्यर्थी पंजीकृत थे, जिनमें 1850 उपस्थित और 4057 अनुपस्थित रहे। वहीं दूसरी पाली में 5182 अभ्यर्थियों में से 1702 ने परीक्षा दी, जबकि 3480 अभ्यर्थी गैरहाजिर रहे। परीक्षा शुरू होने से करीब आधे घंटे पहले ही अभ्यर्थियों को केंद्रों में प्रवेश दिया गया और गेट पर कड़ी चैकिंग की गई। चेकिंग के दौरान कई अभ्यर्थी परीक्षा केंद्रों के बाहर कानों से गोल्ड इयररिंग्स निकालते नजर आए। वहीं एक नवविवाहिता महिला अभ्यर्थी का चूड़ा भी उतरवाया गया। सुरक्षा कर्मियों ने धातु से बनी वस्तुओं और इलेक्ट्रॉनिक सामान पर पूरी तरह रोक रखी थी। रविवार को आयोजित परीक्षा में मैथ्स, इंग्लिश, फिजिक्स, नागरिक शास्त्र, संस्कृत, हिंदी, भूगोल और अन्य विषय शामिल रहे। अभ्यर्थियों के अनुसार मैथ्स का पेपर मॉडरेट स्तर का रहा, जबकि फिजिक्स मीडियम रही। वहीं इंग्लिश में ग्रामेटिकल प्रश्न अधिक आने के कारण कई अभ्यर्थियों को पेपर थोड़ा कठिन लगा। अभ्यर्थी नेहा ने बताया कि तैयारी अच्छी है, लेकिन वास्तविक स्थिति का पता परिणाम आने के बाद ही चलेगा। वहीं अभ्यर्थी सोनू ने कहा कि पेपर ज्यादा कठिन नहीं था, लेकिन इंग्लिश में ग्रामेटिकल प्रश्न अधिक होने के कारण उसे हल करने में समय लगा। प्रदेशभर में परीक्षा को नकलविहीन बनाने के लिए सीसीटीवी निगरानी, स्टैटिक मजिस्ट्रेट और पुलिस बल की तैनाती की गई थी।
बाराबंकी में अयोध्या मंडल के डीआईजी सोमेन वर्मा ने रविवार शाम फतेहपुर कोतवाली का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने पुलिस व्यवस्था और अभिलेखों के रखरखाव की गहन समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान डीआईजी ने विभिन्न महत्वपूर्ण अभिलेखों का बारीकी से परीक्षण किया। इनमें ग्राम प्रहरी रजिस्टर, अपराध रजिस्टर, मालखाना रजिस्टर, रजिस्टर नंबर-8, महिला अपराध रजिस्टर, जनसूचना रजिस्टर, शस्त्र रजिस्टर, मुकदमा पंजीयन रजिस्टर, त्योहार रजिस्टर, मीडिया सेल, साइबर हिस्ट्रीशीटर और गुंडा रजिस्टर शामिल थे। डीआईजी ने अभिलेखों को अद्यतन रखने, प्रविष्टियों की शुद्धता सुनिश्चित करने और दस्तावेजों के व्यवस्थित संधारण के निर्देश दिए। वहीं लंबित विवेचनाओं की भी समीक्षा की और संबंधित विवेचकों से मामलों की प्रगति की जानकारी ली। उन्होंने सभी लंबित मामलों का समयबद्ध और निष्पक्ष निस्तारण करने का निर्देश दिया, ताकि पीड़ितों को त्वरित न्याय मिल सके। उन्होंने अपराध नियंत्रण, कानून व्यवस्था बनाए रखने और संवेदनशील मामलों में सतर्कता बरतने पर भी जोर दिया। डीआईजी ने पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को जनता के साथ बेहतर संवाद स्थापित करने, शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण करने तथा फरियादियों के साथ सम्मानजनक व्यवहार करने की हिदायत दी। उन्होंने कहा कि पुलिस की कार्यशैली पारदर्शी और जनहितकारी होनी चाहिए, जिससे आमजन का विश्वास मजबूत हो सके। इस निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक, क्षेत्राधिकारी और कोतवाल सहित अन्य पुलिस अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।
ललितपुर में रविवार को दीपमाला कुशवाहा पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में आयोजित अपना दल (एस) की मासिक बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में हिस्सा लिया। बैठक में संगठन की गतिविधियों, जनसंपर्क अभियान और आगामी चुनावों को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक का मुख्य फोकस आगामी जिला पंचायत और विधानसभा चुनावों की रणनीति तैयार करने पर रहा। पदाधिकारियों ने कहा कि संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत कर कार्यकर्ताओं को सक्रिय बनाने से चुनाव में बेहतर परिणाम हासिल किए जा सकते हैं। महिलाओं से राजनीतिक गतिविधियों में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील दीपमाला कुशवाहा ने महिला कार्यकर्ताओं की भूमिका को बेहद महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि किसी भी संगठन की मजबूती उसके कार्यकर्ताओं की सक्रियता और समर्पण पर निर्भर करती है। उन्होंने महिलाओं से सामाजिक और राजनीतिक गतिविधियों में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की। साथ ही कार्यकर्ताओं से घर-घर जाकर पार्टी की नीतियों और योजनाओं को जनता तक पहुंचाने का आह्वान किया। जिला अध्यक्ष मनोहर पटेल ने कहा कि संगठन को गांव-गांव तक मजबूत करने की जरूरत है। उन्होंने बताया कि आगामी चुनावों को देखते हुए बूथ स्तर पर टीमों का गठन किया जा रहा है। उन्होंने सभी कार्यकर्ताओं से जिम्मेदारी के साथ काम करने की अपील की। बैठक में संगठन विस्तार, सदस्यता अभियान और युवाओं को पार्टी से जोड़ने पर भी चर्चा हुई। कई कार्यकर्ताओं ने ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार जनसंपर्क अभियान चलाने का सुझाव दिया, ताकि लोगों की समस्याओं को सीधे सुना जा सके। इस दौरान पंचायत चुनावों के संभावित प्रत्याशियों को लेकर भी मंथन हुआ और कार्यकर्ताओं को स्थानीय स्तर पर सक्रिय रहने के निर्देश दिए गए।
10 मई को आर्ट ऑफ लिविंग के 45 वर्ष पूरे होने पर बेंगलुरु स्थित आर्ट ऑफ लिविंग इंटरनेशनल सेंटर में भव्य कार्यक्रम आयोजित हुआ। इसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान पीएम मोदी ने श्री श्री रविशंकर के 70वें जन्मदिवस पर उन्हें शुभकामनाएं दीं। पीएम मोदी ने कार्यक्रम में नए ध्यान मंदिर का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा- यह ध्यान मंदिर आने वाली पीढ़ियों के लिए शांति और सुकून का बड़ा केंद्र बनेगा। जब संकल्प साफ हो और काम सेवा भाव से किया जाए तो हर प्रयास सफल होता है। यह ध्यान मंदिर दुनिया के बड़े ध्यान केंद्रों में शामिल माना जा रहा है, जहां अलग-अलग देशों से आने वाले लोग ध्यान और मंत्रोच्चारण के जरिए मानसिक शांति का अनुभव कर सकेंगे। पीएम बोले- विकसित भारत के लिए मानसिक शांति जरूरी पीएम मोदी ने कहा कि विकसित भारत का सपना तभी पूरा होगा जब युवा मानसिक रूप से मजबूत और सामाजिक रूप से जिम्मेदार होंगे। उन्होंने योग, ध्यान और मानसिक स्वास्थ्य को राष्ट्र निर्माण के लिए बेहद जरूरी बताया। पीएम ने कहा, ‘आर्ट ऑफ लिविंग जैसे संगठन लोगों में अपनापन और समाज के प्रति जिम्मेदारी की भावना पैदा करते हैं। उन्होंने कहा कि समाज की ताकत सरकार से भी ज्यादा बड़ी होती है और देश तभी आगे बढ़ता है जब लोग राष्ट्र निर्माण में भागीदारी करते हैं।’ श्री श्री रविशंकर बोले- देश में बढ़ा आत्मविश्वास श्री श्री रविशंकर ने पीएम मोदी की तारीफ करते हुए कहा कि पिछले कुछ वर्षों में देश में आत्मविश्वास और गर्व की भावना बढ़ी है। स्वच्छ भारत अभियान से देश ज्यादा साफ और सुंदर बना है। श्री श्री रविशंकर ने कहा, ‘पहले विदेशों में लोग भारत की प्रगति को लेकर सवाल उठाते थे, लेकिन अब भारत नई ऊंचाइयों तक पहुंच रहा है। भारत अब मांगने वाला नहीं, बल्कि दुनिया को देने वाला देश बन रहा है।’ 9 बड़ी सेवा योजनाओं की शुरुआत कार्यक्रम में पीएम मोदी ने शिक्षा, महिला सशक्तिकरण, पर्यावरण, स्वास्थ्य और डिजिटल साक्षरता से जुड़ी 9 बड़ी सेवा पहलों की शुरुआत भी की। आर्ट ऑफ लिविंग ने मिशन ग्रीन अर्थ के तहत पिछले एक साल में 90 लाख से ज्यादा पौधे लगाने की जानकारी दी। अब संगठन 45 लाख मोरिंगा और हजारों पवित्र वृक्ष लगाने का लक्ष्य लेकर चल रहा है। गांवों में डिजिटल और स्वास्थ्य सेवाओं पर जोर संगठन ने 11 राज्यों में स्मार्ट विलेज सेंटर शुरू करने की घोषणा की। इसके जरिए गांवों में तकनीक, शिक्षा और रोजगार से जुड़ी सुविधाएं पहुंचाई जाएंगी। ग्रामीण युवाओं को एआई आधारित डिजिटल सेवाओं की ट्रेनिंग देने की भी योजना है, ताकि वे गांवों में सरकारी योजनाओं और टेली-हेल्थ सेवाओं तक लोगों की पहुंच आसान बना सकें। दूरदराज इलाकों के लिए नौ नए टेलीमेडिसिन सेंटर भी शुरू किए जाएंगे। जेल सुधार और शिक्षा अभियान का विस्तार आर्ट ऑफ लिविंग ने जेल सुधार कार्यक्रम को भी आगे बढ़ाने की घोषणा की। इसके तहत देशभर की 550 जेलों में कार्यक्रम चलाए जाएंगे, जिससे करीब 60 हजार कैदियों और कर्मचारियों को लाभ मिलेगा। संगठन के मुफ्त शिक्षा नेटवर्क को भी बढ़ाया जाएगा। अभी यह 22 राज्यों के 1.2 लाख से ज्यादा बच्चों तक पहुंच रहा है। 182 देशों से पहुंचे लोग इन कार्यक्रमों में 182 देशों से एक लाख से ज्यादा लोगों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम में कई केंद्रीय मंत्री, राज्यपाल, उद्योगपति और अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधि भी मौजूद रहे। साढ़े चार दशक में आर्ट ऑफ लिविंग दुनिया के बड़े स्वयंसेवी संगठनों में शामिल हो चुका है। संगठन का दावा है कि उसने ध्यान, शिक्षा और सेवा कार्यों के जरिए दुनिया भर में करोड़ों लोगों के जीवन को प्रभावित किया है।
गोरखपुर में मदर्स डे पर एक अनोखा नजारा देखने को मिला। जब अपनी मां से दूर रहने वाले बच्चों को मां के हाथ जैसा खाना खाने को मिला। नौका विहार स्थित फ्लोट रेस्टोरेंट के ओनर आलोक अग्रवाल ने लगभग 70 बच्चों को बुला कर उन्हें वही प्यार और दुलार देने की कोशिश को जो एक मां से मिलती है। फ्लोट पर बैठा कर उन्हें अपने हाथों से खाना सर्व किया। साथ ही गिफ्ट देकर स्पेशल फील करवाया। इस दौरान बच्चों के चेहरे पर अलग ही चमक देखने को मिली। इसके अलावा तकरीबन 50 दिव्यांग बच्चो के हॉस्टल जाकर उन्हें लंच पैकेट बांटे गए। सपने को हकीकत में बदला मदर्स डे पर अनाथ बच्चों के लिए किये गए इस पहल की खूब सराहना हुई। ये वे बच्चे थे जिनके लिए किसी हाई-फाई रेस्टोरेंट में बैठकर खाना खाना किसी ख्वाब से कम नहीं था। मगर मदर्स डे के इस खास मौके पर आलोक अग्रवाल ने इन बच्चों के उस छोटे से सपने को हकीकत में बदल दिया। बच्चों ने फ्लोटिंग रेस्टोरेंट में स्वादिष्ट भोजन का आनंद लिया और रामगढ़ताल के खूबसूरत नजारों का भी भरपूर लुत्फ उठाया। ऐसे रेस्टोरेंट में खाने को मिलेगा सोचा नहीं था- बच्चे मासूम बच्चों के चेहरों पर खुशी साफ झलक रही थी। बच्चों ने कहा कि उन्होंने कभी सोचा भी नहीं था कि उन्हें ऐसे शानदार रेस्टोरेंट में आने और खाना खाने का मौका मिलेगा। बच्चों की आंखों में चमक और चेहरे पर मुस्कान देखकर वहां मौजूद हर शख्स भावुक नजर आया। बच्चों के चेहरे पर मुस्कान देखकर जो सुकून मिलता- रेस्टोरेंट ओनर वहीं आलोक अग्रवाल ने कहा कि समाज सेवा और जरूरतमंदों की मदद करना उन्हें सुकून देता है। उन्होंने कहा कि उनकी हमेशा कोशिश रहती है कि समाज के दबे-कुचले और जरूरतमंद परिवारों के बच्चों को भी जिंदगी की कुछ ऐसी खुशियां दी जाएं, जिन्हें वे शायद सामान्य परिस्थितियों में महसूस नहीं कर पाते। उन्होंने कहा कि इन मासूम बच्चों के चेहरे पर मुस्कान देखकर जो सुकून मिलता है, वही हमारे लिए सबसे बड़ी खुशी है। अगर कुछ पलों के लिए भी इन बच्चों को खुशी मिलती है तो हमारा प्रयास सफल हो जाता है।” इस दौरान फ्लोटिंग रेस्टोरेंट के दर्जनों कर्मचारी भी पूरे मन से बच्चों की सेवा करते नजर आए। कुछ स्वयंसेवी संगठनों के लोग भी कार्यक्रम में मौजूद रहे और बच्चों को अपने हाथों से खाना खिलाकर इस पल को और खास बना दिया। मदर्स डे के मौके पर आयोजित यह कार्यक्रम सिर्फ एक भोजन नहीं बल्कि इंसानियत, मोहब्बत और सामाजिक जिम्मेदारी की खूबसूरत मिसाल बन गया। रामगढ़ताल की लहरों के बीच मासूम बच्चों की खिलखिलाहट ने इस मदर्स डे को सचमुच यादगार बना दिया।
ट्रक से बैटरा चोरी करते दो गिरफ्तार:बागपत पुलिस ने रंगे हाथ पकड़ा, दोनों को जेल भेजा
बागपत कोतवाली पुलिस ने ट्रक से बैटरा चोरी करते हुए दो युवकों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बताया कि दोनों आरोपियों को रंगे हाथ पकड़ा गया। इस संबंध में जानकारी रविवार दोपहर मीडिया सेल बागपत द्वारा एक प्रेसनोट जारी कर दी गई। पुलिस को देशराज मोहल्ला निवासी यूनुस ने डायल 112 पर सूचना दी थी। यूनुस ने बताया कि दो युवक उसके भाई के ट्रक से बैटरा चोरी कर रहे थे। सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और दोनों आरोपियों को पकड़ लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान गाजियाबाद के लोनी स्थित न्यू राम विहार कॉलोनी निवासी विशाल और सुमित के रूप में हुई है। पुलिस दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर बागपत कोतवाली ले गई, जहां उनसे पूछताछ की गई। पीड़ित यूनुस की शिकायत के आधार पर दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने बताया कि आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, जिले में चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की नियमित चेकिंग की जा रही है ताकि अपराधों पर नियंत्रण रखा जा सके। इस कार्रवाई के बाद स्थानीय लोगों ने पुलिस की तत्परता की सराहना की है।
गोंडा के कौड़िया बाजार स्थित जय सम्मय माता पैड़ीबरा में चल रही नौ दिवसीय श्रीराम कथा के सातवें दिन राजन जी महराज ने कथा के दौरान हो रहे शोर-शराबे पर नाराजगी जताई। उन्होंने मंच से श्रद्धालुओं से शांति बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि कथा सुनने के लिए बड़ी संख्या में लोगों का आना अच्छी बात है, लेकिन आयोजन की मर्यादा बनाए रखना भी जरूरी है। महाराज ने कहा, आप लोग भी बैठे रहिए, मैं भी बैठा रहता हूं। मैं कोई मशीन नहीं हूं कि ऑन करके छोड़ दिए और बजते रहे, भले कोई सुने या न सुने। भगवान से मनुष्य मांगना बंद कर दे इसके बाद उन्होंने श्रीराम मंगल यात्रा और भरत चरित्र पूर्वाध की कथा सुनाई। कथा के दौरान उन्होंने कहा कि जिस दिन मनुष्य भगवान से मांगना छोड़ देता है, उसी दिन से उसकी सच्ची भक्ति शुरू हो जाती है। उन्होंने कहा कि मांग ही इंसान को भगवान से दूर करती है। यदि मनुष्य मांगना बंद कर दे, तो भगवान उसकी कल्पना से भी अधिक प्रदान करते हैं। एक भजन के माध्यम से उन्होंने संदेश दिया- “राम को मांग ले मेरे प्यारे, उम्र भर का सहारा मिलेगा, सिर्फ इनके शरण में ही तुमको जिंदगी भर गुजारा मिलेगा।” राम नाम के स्मरण भर से जीवन में उजाला राजन जी महाराज ने कहा कि जहां भजन प्रवेश कर जाता है, वहां से द्रोह स्वतः समाप्त हो जाता है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि जैसे देहरी पर रखा दीपक घर के अंदर और बाहर दोनों ओर प्रकाश फैलाता है, उसी प्रकार राम नाम का स्मरण जीवन में उजाला भर देता है। कथा में भगवान श्रीराम के अनन्य भक्त भरत जी की भक्ति और भरत-मिलाप प्रसंग का मार्मिक वर्णन किया गया। महाराज ने कहा कि भरत जैसा भाई संसार में दुर्लभ है, जिन्होंने राज्य, वैभव और सुखों का त्याग कर केवल श्रीराम के चरणों को ही अपना जीवन माना। 14 वर्ष का वनवास पूरा कर प्रभु अयोध्या लौटे उन्होंने केवट प्रसंग का भी उल्लेख करते हुए कहा कि केवट ने भगवान श्रीराम के चरण धोकर उन्हें नाव में बैठाया और बदले में कोई धन नहीं मांगा, बल्कि केवल प्रभु प्रेम की याचना की। उन्होंने कहा कि सच्ची भक्ति वही है, जिसमें कोई स्वार्थ न हो, केवल प्रेम और समर्पण हो। भगवान श्रीराम के अयोध्या लौटने के प्रसंग का वर्णन करते हुए महाराज ने कहा कि 14 वर्ष का वनवास पूरा कर जब प्रभु अयोध्या लौटे, तब पूरी नगरी दीपों से जगमगा उठी थी। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीराम का राज्याभिषेक केवल एक राजा का अभिषेक नहीं, बल्कि धर्म, न्याय और आदर्श शासन की स्थापना का प्रतीक था। कथा के सातवें दिन कार्यक्रम में मेहनौन से भाजपा विधायक विनय कुमार द्विवेदी, तुलसीपुर से भाजपा विधायक कैलाश नाथ शुक्ल, अयोध्या के पूर्व मंत्री पवन पाण्डेय, गोंडा सदर विधानसभा से पूर्व सपा प्रत्याशी सूरज सिंह और पूर्व कटरा बाजार विधायक बृजनाथ व्यास पीठ पर पहुंचे और आरती में शामिल हुए। कथा स्थल पर भारी संख्या में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। जिसके चलते कार्यक्रम के दौरान शोर-शराबे की स्थिति बनी रही।
भटगांव में बनेगा बकरी पालन और अनुसंधान का हब:ग्रामीण युवाओं को मिलेगा रोजगार, किसानों की बढ़ेगी आय
धमतरी जिले के भटगांव में अब अत्याधुनिक बकरी पालन एवं अनुसंधान केंद्र स्थापित किया जाएगा। इसे ‘रिसर्च कम इंटीग्रेटेड प्रोडक्शन एडवांसमेंट ब्रीडिंग सेंटर’ के रूप में विकसित किया जाएगा। यह परियोजना जिले की पशुपालन आधारित ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई पहचान देने की तैयारी में है। यह केंद्र सिर्फ बकरी पालन तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि ग्रामीण युवाओं, महिला समूहों और पशुपालकों के लिए रोजगार, प्रशिक्षण और स्वरोजगार का बड़ा केंद्र बनेगा। यहां वैज्ञानिक तरीके से बकरी पालन, उन्नत नस्ल विकास और आधुनिक पशुपालन तकनीकों पर काम होगा। कलेक्टर ने किया स्थल निरीक्षण अविनाश मिश्रा ने प्रस्तावित स्थल का निरीक्षण किया। इस दौरान अधिकारियों और माणिकस्तु के प्रतिनिधियों के साथ परियोजना पर विस्तृत चर्चा हुई। कलेक्टर ने कहा कि बकरी पालन छोटे किसानों और भूमिहीन परिवारों की आय बढ़ाने का प्रभावी माध्यम बन सकता है। उन्होंने अधिकारियों को जल्द कार्ययोजना तैयार कर परियोजना शुरू करने के निर्देश दिए। AI लैब से लेकर रिसर्च सेंटर तक होगी सुविधा भटगांव में बनने वाले इस केंद्र में उन्नत नस्ल की बकरियों के संरक्षण, प्रजनन और अनुसंधान के लिए आधुनिक सुविधाएं विकसित की जाएंगी। यहां कृत्रिम गर्भाधान (AI), रोग निदान, पैथोलॉजी जांच और पशु चिकित्सा सेवाओं के लिए अत्याधुनिक लैब भी बनाई जाएगी। पशु सखियों और युवाओं को मिलेगा प्रशिक्षण परियोजना के तहत पशु सखियों, ग्रामीण युवाओं और पशुधन कार्यकर्ताओं के लिए हॉस्टल-सह-प्रशिक्षण केंद्र भी बनाया जाएगा। यहां ऑनलाइन और ऑफलाइन माध्यम से वैज्ञानिक पशुपालन, उद्यमिता विकास और क्षमता संवर्धन का प्रशिक्षण दिया जाएगा। ‘फोडर कैफेटेरिया’ बनेगा आकर्षण का केंद्र इस परियोजना की खास पहल ‘फोडर कैफेटेरिया’ होगी। यहां अलग-अलग प्रकार के हरे चारे और टिकाऊ पशु आहार पद्धतियों का प्रदर्शन किया जाएगा, ताकि पशुओं के पोषण स्तर और उत्पादकता में सुधार हो सके। किसानों को मिलेगा सीधा बाजार किसानों और पशुपालकों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराने के लिए पारदर्शी किसान बाजार प्लेटफॉर्म भी विकसित किया जाएगा। यहां उन्नत नस्ल की बकरियों की खरीद-बिक्री तय और उचित मूल्य पर हो सकेगी। इससे बिचौलियों की भूमिका कम होगी। शुरुआती दौर में 12 युवाओं को रोजगार प्रारंभिक चरण में इस परियोजना से 10 से 12 स्थानीय युवाओं को प्रत्यक्ष रोजगार मिलने की संभावना है। वहीं जिले के सैकड़ों पशुपालकों को तकनीकी मार्गदर्शन, बेहतर नस्ल, पशु चिकित्सा सहायता और बाजार सुविधा का लाभ मिलेगा। आत्मनिर्भर गांवों की दिशा में बड़ा कदम विशेषज्ञों का मानना है कि यह हाईटेक बकरी पालन केंद्र भविष्य में आत्मनिर्भर ग्रामीण विकास का मॉडल बन सकता है। इससे न सिर्फ किसानों की आय बढ़ेगी, बल्कि गांवों में रोजगार और आधुनिक पशुपालन को भी नई दिशा मिलेगी।
पश्चिम बंगाल चुनाव के नतीजों के बाद देश की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। एक तरफ भारतीय जनता पार्टी जीत का जश्न मना रही है, तो दूसरी तरफ विपक्ष लगातार हमलावर नजर आ रहा है। इसी बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के बेटे और नोएडा विधानसभा सीट से भाजपा विधायक पंकज सिंह प्रयागराज पहुंचे, जहां उन्होंने विपक्ष पर जमकर निशाना साधा। पंकज सिंह ने कहा कि जनता अब नकारात्मक राजनीति को पूरी तरह नकार चुकी है और विकास की राजनीति के साथ खड़ी है। उन्होंने कहा कि बंगाल में भाजपा की जीत के बाद विपक्ष बौखला गया है। विपक्ष को अपनी विचारधारा और अपने कामों पर पुनर्विचार करना चाहिए। देश की जनता हर राज्य में विपक्ष को नकार रही है और भारतीय जनता पार्टी को अपना रही है। उन्होंने कहा कि पूरा देश अब वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के संकल्प के साथ आगे बढ़ना चाहता है। महिलाओं के बढ़ते समर्थन पर बोलते हुए पंकज सिंह ने कहा कि चाहे उत्तर प्रदेश हो या पश्चिम बंगाल, महिलाओं ने भाजपा के पक्ष में बढ़-चढ़कर मतदान किया है। उन्होंने कहा कि ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ महिलाओं के सम्मान और सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम है। अखिलेश और ममता की मुलाकात पर तंज वहीं, विपक्षी दलों पर हमला बोलते हुए उन्होंने कहा कि विपक्ष केवल अपने निजी हितों के लिए एकजुट होता है, जबकि भाजपा राष्ट्रहित को सर्वोपरि मानती है। अखिलेश यादव और ममता बनर्जी की मुलाकात पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि विपक्ष की राजनीति सिर्फ अवसरवाद तक सीमित है। चुनाव आयोग और जांच एजेंसियों पर विपक्ष द्वारा उठाए जा रहे सवालों पर भी पंकज सिंह ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि विपक्ष अपनी हार को पचा नहीं पा रहा है और संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल उठाना उनकी पुरानी आदत बन चुकी है। समाजवादी पार्टी पर साधा निशाना उत्तर प्रदेश में चल रहे राजनीतिक वार-पलटवार और कैबिनेट विस्तार को लेकर भी उन्होंने समाजवादी पार्टी को घेरा। पंकज सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री का विशेषाधिकार है कि वह किसे मंत्री बनाते हैं, लेकिन समाजवादी पार्टी इस पर भी कटाक्ष कर रही है। यह उनकी घबराहट को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी जिस मुद्दों और समीकरणों पर राजनीति करती थी, वह जमीन अब उसके हाथ से खिसक चुकी है और धीरे-धीरे पार्टी का अस्तित्व संकट में पड़ता जा रहा है। भाजपा 24 घंटे और 365 दिन जनता के बीच काम करने वाली पार्टी है, जो हर चुनाव और हर चुनौती के लिए तैयार रहती है। प्रदेश में एक्सप्रेस-वे, एयरपोर्ट और कानून व्यवस्था में हुए सुधार का जिक्र करते हुए उन्होंने विपक्ष को विकास की सच्चाई स्वीकार करने की सलाह दी। पंकज सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश अब मजबूत अर्थव्यवस्था की ओर तेजी से बढ़ रहा है और जनता भाजपा सरकार के विकास कार्यों के साथ मजबूती से खड़ी है। बता दें कि पंकज सिंह प्रयागराज में पूर्व सांसद रीता बहुगुणा जोशी के पति पी. एन. जोशी के निधन पर शोक संवेदना व्यक्त करने पहुंचे थे। इसी दौरान उन्होंने मीडिया से बातचीत में विपक्ष पर तीखे राजनीतिक हमले किए।
लखनऊ के कृष्णानगर कोतवाली इलाके में एक व्यक्ति से फर्जी ट्रेडिंग ऐप के जरिए 37 लाख रुपए से ज्यादा की साइबर ठगी का मामला सामने आया है। जालसाजों ने खुद को स्टॉक ट्रेडिंग कम्पनी का प्रतिनिधि बताकर निवेश के नाम पर रकम ट्रांसफर कराई और बाद में पीड़ित को व्हाट्सएप ग्रुप से बाहर कर दिया। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हरिहर प्रसाद नगर निवासी बृजेन्द्र कुमार शुक्ल ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि 13 मार्च को उन्होंने गूगल पर मिले एक लिंक के जरिए फाइन्सोल सिक्योरिटीज प्राइवेट लिमिटेड नामक कथित स्टॉक ट्रेडिंग कम्पनी का ऐप डाउनलोड किया था। इसके बाद वह एक व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़े, जहां ट्रेडिंग संबंधी जानकारी और निवेश के सुझाव दिए जाते थे। पीड़ित ने बताया कि कम्पनी की ओर से उन्हें रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट समेत कई दस्तावेज भेजे गए थे। सेबी पोर्टल पर दस्तावेज पहली नजर में सही प्रतीत होने पर उन्होंने निवेश करना शुरू कर दिया। आरोप है कि जालसाजों के कहने पर उन्होंने पत्नी नंदिनी शुक्ला के यूनियन बैंक ऑफ इंडिया खाते से दो बार और अपने एसबीआई खाते से आरटीजीएस के माध्यम से अलग-अलग खातों में कुल 37.26 लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए। बृजेन्द्र कुमार के अनुसार जब उन्होंने निवेश की रकम वापस मांगी तो कम्पनी की ओर से सर्विस चार्ज और अन्य शुल्क के नाम पर और पैसे जमा करने का दबाव बनाया जाने लगा। लगातार टालमटोल और बहानेबाजी के बाद उन्हें ठगी का एहसास हुआ। विरोध करने पर आरोपियों ने उन्हें व्हाट्सएप ग्रुप से भी बाहर कर दिया। इसके बाद पीड़ित ने साइबर सेल समेत कृष्णानगर कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस के मुताबिक तहरीर के आधार पर आईटी एक्ट की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है।
प्रयागराज के मेजा थाना क्षेत्र के सिरसा चौकी अंतर्गत रविवार को सोरांव गांव के समीप एक सड़क हादसे में एक युवक की मौत हो गई। मृतक की पहचान मेजा के पकरी सेवार निवासी 35 वर्षीय संजय सोनकर पुत्र खेलाड़ी सोनकर के रूप में हुई है। वह पकरी सेवार ग्राम सभा में सरकारी राशन की दुकान चलाता था। यह घटना रविवार शाम लगभग 5 बजे हुई, जब संजय सोनकर मेजा के बसहरा गांव से अपनी भतीजी की विदाई कराकर लौट रहे थे। सोरांव गांव के निकट उनकी बाइक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे एक मकान से टकरा गई। बाइक पर संजय सोनकर के साथ उनकी 2 वर्षीय पुत्री लाडली सोनकर और चचेरा भाई बहादुर सोनकर भी सवार थे। दुर्घटना में संजय सोनकर के सिर पर गंभीर चोटें आईं, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। लाडली और बहादुर सोनकर को भी गंभीर चोटें आई हैं। मौके पर मौजूद लोगों ने तत्काल चिकित्सा विभाग को सूचना दी। एम्बुलेंस की सहायता से घायलों को रामनगर सीएचसी पहुंचाया गया। परिजनों को सूचना मिलने पर वे घटनास्थल पर पहुंचे। लाडली और बहादुर सोनकर की गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया। मेजा कोतवाल दीनदयाल सिंह मौके पर पहुंचे और शव का पंचनामा कराकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक संजय सोनकर के परिवार में उनकी पत्नी पूनम सोनकर, मां रीता देवी और तीन पुत्रियां हैं। वह अपने परिवार के एकमात्र कमाऊ सदस्य थे।
मध्य प्रदेश राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष जयभान सिंह पवैया रविवार को दतिया पहुंचे। यहां उन्होंने देशभर में प्रसिद्ध मां पीतांबरा पीठ में पूजा-अर्चना कर प्रदेश और देश की खुशहाली की कामना की। दतिया पहुंचने के बाद जयभान सिंह पवैया सबसे पहले मां पीतांबरा पीठ पहुंचे। यहां उन्होंने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर प्रदेश और देश की सुख-समृद्धि की कामना की। इस दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधि, भाजपा कार्यकर्ता और समर्थक भी मौजूद रहे। पीतांबरा पीठ के दर्शन के बाद पवैया भगवान वनखंडेश्वर महादेव मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने भगवान शिव का जलाभिषेक कर पूजा की। मंदिर परिसर में उनके साथ बड़ी संख्या में समर्थक और भाजपा पदाधिकारी मौजूद रहे। बंगाल को लेकर दिया राजनीतिक बयान दर्शन-पूजन के बाद मीडिया से चर्चा करते हुए जयभान सिंह पवैया ने पश्चिम बंगाल की राजनीतिक स्थिति और राष्ट्रवाद को लेकर बयान दिया। उन्होंने कहा कि बंगाल में राष्ट्रवाद और भारतीय परंपरा की जीत हुई है। पवैया ने कहा कि अब केवल बंगाल ही नहीं, बल्कि पूरा हिंदुस्तान भगवा रंग में रंग चुका है। उनके इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं तेज हो गई हैं।
योगी कैबिनेट का रविवार को दूसरी बार विस्तार हुआ। 6 नए मंत्री बनाए गए हैं। इनमें कृष्णा पासवान भी शामिल हैं। यूपी सरकार में राज्यमंत्री बनीं 60 साल की कृष्णा पासवान की निजी जिंदगी किसी फिल्मी कहानी जैसी है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता से मंत्री बनने का सफर तय करने वाली कृष्णा पासवान कभी साइकिल से चलती थीं। जिला पंचायत सदस्य से राजनीति में कदम रखा। अब फतेहपुर की खागा सीट से लगातार चौथी बार विधायक हैं। फरवरी, 2026 में वह तब ज्यादा चर्चा में रहीं, जब उन्होंने क्वॉलिटी चेक करने के लिए खुद फावड़ा लेकर सड़क खोद डाली थी। कृष्णा पासवान को मंत्री बनने से पहले कितने संघर्ष करने पड़े? योगी सरकार ने उन पर भरोसा क्यों जताया? पढ़िए पूरी रिपोर्ट… 10वीं तक पढ़ाई, फिर शादी कृष्णा पासवान का जन्म 1 अगस्त, 1963 को फतेहपुर जिले के पिलखिनी गांव में एक दलित (पासी) परिवार में हुआ था। पिता दर्शन पासवान खेतिहर मजदूर थे। परिवार की आर्थिक स्थिति की वजह से वह सिर्फ 10वीं तक ही पढ़ पाईं। 25 मई, 1980 में जब कृष्णा 17 साल की थीं, तभी उनकी शादी श्रीपाल पासवान से हो गई थी। घर की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने की वजह से 1985 में कृष्णा गोपालपुर कुसुंबी गांव की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता बन गईं। वह बैठकों में साइकिल से जाती थीं। इस वजह से उन्होंने क्षेत्र की गरीबी, शिक्षा और स्वास्थ्य समस्याओं को करीब से देखा है। फावड़ा लेकर सड़क खोदने से आईं चर्चा में कृष्णा ने फरवरी- 2026 में सड़क निर्माण में हो रही धांधली को रंगेहाथ पकड़ने के लिए खुद फावड़ा उठा लिया था। गांववालों ने ऐमापुर से रतनपुर के बीच 38 लाख की लागत से बन रही 2.2 किमी सड़क की क्वॉलिटी पर सवाल उठाए थे। शिकायत पर कृष्णा पासवान मौके पर पहुंचीं और फावड़ा लेकर सड़क खोदने लगीं। सड़क की हालत ऐसी ती कि वह हाथ से ही उखड़ जा रही थी। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर काफी शेयर किया गया था। कृष्णा ने अधिकारियों से बात करके सड़क निर्माण का काम बंद कराया। इसके बाद ठेकेदार और PWD अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की। इसकी शिकायत सीएम योगी आदित्यनाथ तक भी पहुंची थी। पासी समाज को साधने कृष्णा को बनाया मंत्री यूपी के दलितों में जाटव के बाद पासी समाज की सबसे ज्यादा आबादी है। प्रदेश में करीब 6% यानी 1.20 से 1.30 करोड़ के बीच पासी समाज के लोग हैं। प्रदेश की 35 से 40 सीटों पर पासी समाज निर्णायक असर रखता है। लंबे समय तक पासी समाज में बसपा की पैठ थी। भाजपा ने 2014 के बाद पासी समाज को साधने की कोशिश शुरू की। केंद्रीय मंत्रिमंडल में भी बांसगांव लोकसभा से आने वाले कमलेश पासवान मंत्री हैं। अब यूपी में भाजपा कृष्णा पासवान को मंत्री बनाकर अपनी पैठ मजबूत करना चाहती है। वहीं, सपा अयोध्या सांसद अवधेश पासी के जरिए इस वर्ग को साधने की कोशिश में जुटी है। लखनऊ-प्रयागराज समेत इन जिलों में पासी समाज का असर यूपी के करीब 14 जिलों में पासी समाज का ज्यादा असर है। इनमें लखनऊ, उन्नाव, रायबरेली, प्रतापगढ़, कौशांबी, प्रयागराज, फतेहपुर, बाराबंकी, सुल्तानपुर, अयोध्या, जौनपुर, वाराणसी, गाजीपुर और गोरखपुर शामिल हैं। कृष्णा पासवान योगी मंत्रिमंडल में पासी समाज से बनने वाली पहली मंत्री हैं। उन्होंने दैनिक भास्कर से बातचीत में सीएम योगी और पीएम नरेंद्र मोदी को धन्यवाद कहा है। ------------------------- ये खबर भी पढ़ें… योगी मंत्रिमंडल में 6 नए मंत्री बने, 2 का प्रमोशन, शपथ के बाद राज्यपाल-सीएम के पैर छुए, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता रहीं कृष्णा पासवान भी मंत्री बनीं यूपी की योगी कैबिनेट का 10 मई को दूसरी बार विस्तार हुआ। 2 कैबिनेट और 4 राज्यमंत्री मिलाकर 6 नए सदस्य शामिल हुए। वहीं 2 राज्य मंत्रियों को प्रमोशन देकर राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) बनाया गया। राजभवन में रविवार को आयोजित समारोह में सबसे पहले भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी ने शपथ ली। इसके बाद सपा के बागी विधायक मनोज पांडेय ने शपथ ली। दोनों को कैबिनेट मंत्री बनाया गया है। पूरी खबर पढें…
सोनभद्र में घर-घर वेद अभियान को लेकर एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में आधुनिक शिक्षा के व्यवसायीकरण और भारतीय ज्ञान परंपरा से बढ़ती दूरी के बीच वैदिक शिक्षा तथा गुरुकुल व्यवस्था के पुनर्जागरण का आह्वान किया गया। वक्ताओं ने भारतीय संस्कृति, संस्कृत भाषा और सनातन ज्ञान परंपरा को बचाने के लिए वेदों को हर घर तक पहुंचाने तथा निःशुल्क गुरुकुल शिक्षा को मजबूत करने पर बल दिया। बैठक में वैदिक चेतना के व्यापक प्रसार और नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ने के लिए ठोस रणनीति पर विचार-विमर्श किया गया। संपूर्णानंद विश्वविद्यालय के सहायक प्रोफ़ेसर डॉ० ज्ञानेंद्र ने कहा कि भारत की प्राचीन ज्ञान परंपरा विश्व की सबसे समृद्ध धरोहरों में से एक है। गुरुकुल संस्कार, अनुशासन और नैतिक मूल्यों का आधार डॉ. ज्ञानेंद्र ने बताया कि वेद, उपनिषद, पुराण और अन्य शास्त्रों में जीवन के हर क्षेत्र से जुड़ा गहन ज्ञान मौजूद है। इसे केवल पुस्तकों तक सीमित रखने के बजाय समाज के प्रत्येक व्यक्ति तक पहुंचाना आवश्यक है। इसी उद्देश्य से 'सामाजिक विकास कार्यक्रम' के माध्यम से जनजागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि गुरुकुल केवल शिक्षा का केंद्र नहीं, बल्कि संस्कार, अनुशासन और नैतिक मूल्यों का आधार होते हैं। गुरुकुल खोलने का मुख्य उद्देश्य आर्थिक लाभ अर्जित करना नहीं, बल्कि समाज को शिक्षित, संस्कारित और सांस्कृतिक रूप से जागरूक बनाना है। इस दौरान भारतीय परंपरा के अनुरूप निःशुल्क शिक्षा व्यवस्था लागू करने पर भी बल दिया गया। संस्कृत भारतीय संस्कृति और ज्ञान-विज्ञान की मूल आधारशिला संस्कृत भाषा की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए डॉ. ज्ञानेंद्र ने कहा कि संस्कृत केवल भाषा नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति और ज्ञान-विज्ञान की मूल आधारशिला है। उन्होंने बताया कि संस्कृत में मौजूद ज्ञान को आज पूरा विश्व स्वीकार कर रहा है। जर्मनी और अमेरिका सहित कई देशों के विश्वविद्यालयों में संस्कृत तथा भारतीय ज्ञान परंपरा का अध्ययन कराया जा रहा है, और विदेशी विद्वान भारतीय शास्त्रों पर शोध कर रहे हैं। डॉ. ज्ञानेंद्र ने आगे बताया कि केंद्र सरकार द्वारा भारतीय ज्ञान परंपरा और संस्कृत शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं। देश में केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालयों का संचालन किया जा रहा है, तथा वैदिक शिक्षा और संस्कृत अध्ययन से जुड़े संस्थानों को सहायता प्रदान की जा रही है।

