यूरोप ने बदली भारतीय महिला की लाइफस्टाइल, वीडियो ने छेड़ी नई बहस
यूरोप ने बदली भारतीय महिला की लाइफस्टाइल, वीडियो ने छेड़ी नई बहस
हिंदुओं को धोखा देने वाले इस देश को ले डूबे मुस्लिम, हिल गया यूरोप !
ब्रिटेन पर एक बहुत बड़ा संकट आ गया है। ब्रिटेन को मुस्लिम तृष्टीकरण का ऐसा श्राप लगा है जिसने पूरे यूरोप को हिला दिया है। हैरानी की बात देखिए कि ब्रिटेन ने मुस्लिमों के प्रति उदारता दिखाते हुए हिंदुओं की आस्था पर एक बहुत बड़ा हमला किया था। लेकिन ब्रिटेन को कर्मों का फल मिल गया है। ब्रिटेन पर उसी के लोग टूट पड़े हैं। हमने हाल ही में ब्रिटेन ने 40 साल पुरानी मंदिर की एक जमीन मुस्लिमों को बेच दी। लेकिन इसके बाद ब्रिटेन पर तगड़ी बिजली गिरी है। मंदिर की जमीन मस्जिद को देने वाले ब्रिटेन के एक गांव ने ब्रिटेन से ही आजादी के लिए जनमत संग्रह करने का फैसला कर लिया है। इस गांव के लोगों का कहना है कि मुस्लिम शरणार्थियों की वजह से हम ब्रिटेन से अलग होना चाहते हैं। हमें इस्लामिक बनते जा रहे ब्रिटेन के साथ नहीं रहना। इसे भी पढ़ें: PM Modi के पास Gen Z के लिए वक्त नहीं, पर 'गद्दारों' से मिले: शिंदे गुट के सांसदों से मोदी के मुलाकात पर भड़के उद्धव ठाकरे इसे कर्मों का फल ही कहिए कि जिस ब्रिटेन ने भारत के टुकड़े करके एक हिस्सा मुसलमानों को देकर पाकिस्तान बनवा दिया। उसी पाकिस्तान की वजह से ब्रिटेन का एक हिस्सा पीओके की तरह बगावत करने पर उतर आया है। दरअसल लंदन से 120 कि.मी. दूर पीटर बरो में 40 साल पुराने मंदिर और कम्युनिटी सेंटर की जमीन यूनाइटेड किंगडम इस्लामिक मिशन नाम की एक मुस्लिम संस्था को बेचने का फैसला कर लिया गया। न्यू इंग्लैंड कॉम्प्लेक्स नाम के एक परिसर में पिछले चार दशकों से भारत हिंदू समाज का मंदिर और कम्युनिटी सेंटर सफलतापूर्वक चल रहा था। इस पूरी जमीन और परिसर का मालिकाना हक पीटरबरो शहर की स्थानीय सरकार यानी पीटरबरो सिटी काउंसिल के पास था। आपको बता दें कि पीटर बरो काउंसिल इस समय भारी बजट घाटे से जूझ रहा है। इस घाटे को पूरा करने के लिए काउंसिल ने उस परिसर को नीलाम करने का फैसला कर लिया जिस पर 40 साल से मंदिर चल रहा था। ब्रिटेन के हिंदू भी जमीन की नीलामी में हिस्सा लेने आए थे। लेकिन पीटर बरो काउंसिल ने नीलामी के दौरान बोलियों की जांच और स्कोरिंग के मूल्यांकन में गंभीर लापरवाही और गलतियां की और यह जमीन जानबूझकर मुस्लिम पक्ष को दे दी। इसे भी पढ़ें: Kharge का सीधा वार: BJP-RSS ने आजादी में कुछ नहीं किया, मंदिर लूटने वाले देशभक्त नहीं ब्रिटेन को तुरंत मुस्लिम तुष्टीरण का करंट भी लग गया। दरअसल लंदन के गांव ऑक्सफोर्ड शहर के लोगों ने फैसला किया है कि वह ब्रिटेन से अलग होने के लिए जनमत संग्रह करेंगे। इन लोगों का कहना है कि ब्रिटेन की सरकार ने हमारे इलाके के पास शरणार्थियों की एक बस्ती बसाने का ऐलान किया है। इस बस्ती में 3750 शरणार्थियों को बसाने की प्लानिंग हो रही है। ऑक्सफोर्ड शायर के लोगों ने कहा है कि ब्रिटेन की सरकार ने हमसे पूछा तक नहीं। हमारे गांव के बाहर शरणार्थियों को लाकर बसाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। हमारे अधिकारों का क्या होगा? अगर इन शरणार्थियों ने दंगे किए तो उसकी जिम्मेदारी कौन लेगा? डेमोग्राफी बदली तो उसकी जिम्मेदारी कौन लेगा?
पूरी दुनिया इस समय भयंकर जलवायु परिवर्तन के दौर से गुजर रही है, लेकिन यूरोपीय महाद्वीप इस वक्त अपने इतिहास के सबसे भीषण और विनाशकारी सूखे का सामना कर रहा है। अल-नीनो के प्रभाव और लगातार बढ़ती ग्लोबल वार्मिंग के चलते फ्रांस, स्पेन, इटली और ब्रिटेन समेत यूरोप का 60 प्रतिशत से अधिक हिस्सा भयंकर गर्मी और सूखे की चपेट में आ चुका है। हालात इतने विकट हो चुके हैं कि पर्यावरणविदों और वैज्ञानिकों ने इसे पिछले 100 सालों का सबसे बड़ा और गंभीर पर्यावरणीय संकट करार दिया है। इस प्राकृतिक आपदा ने पूरे महाद्वीप की अर्थव्यवस्था, कृषि, ऊर्जा और आम जनजीवन को बुरी तरह झकझोर कर रख दिया है।नदियों का जलस्तर न्यूनतम स्तर पर, पानी से बाहर आए युद्ध के अवशेषयूरोप के इस भीषण सूखे का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि महाद्वीप की जीवनरेखा कही जाने वाली प्रमुख नदियां—जैसे डेन्यूब, राइन और ड्रोम—अपने अब तक के सबसे निचले जलस्तर पर पहुंच चुकी हैं। कई जगहों पर नदियां पूरी तरह सूख चुकी हैं और उनके तल जमीन से बाहर झांकने लगे हैं। स्थिति इतनी हैरान करने वाली है कि नदियों का पानी घटने के कारण द्वितीय विश्व युद्ध (World War II) के दौरान डूबे हुए खतरनाक युद्धपोतों और जहाजों के मलबे अब पानी से बाहर साफ-साफ नजर आने लगे हैं। इसके अलावा कई ऐतिहासिक पुल और डूबे हुए गांव भी सतह पर दिखाई देने लगे हैं, जो इस ऐतिहासिक सूखे की भयावहता की गवाही दे रहे हैं।कृषि और खाद्य सुरक्षा पर मंडराया बड़ा खतरा, फसलें तबाहसूखे और पानी की भयंकर कमी के कारण खेतों में सिंचाई के लिए एक बूंद पानी नहीं बचा है, जिसके चलते किसानों की लहलहाती फसलें आंखों के सामने सूखकर नष्ट हो रही हैं। अकेले फ्रांस में मक्के (Maize) की पैदावार गिरकर पिछले 50 सालों के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गई है। कृषि उत्पादन बुरी तरह प्रभावित होने के कारण आने वाले दिनों में यूरोप समेत पूरी दुनिया में खाद्य पदार्थों की कीमतों में भारी उछाल आने और गंभीर खाद्यान्न संकट पैदा होने का खतरा मंडराने लगा है। पानी की कमी के चलते डेयरी और पशुपालन उद्योग को भी भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है।ऊर्जा संकट, भीषण गर्मी और लाखों लोगों का पलायननदियों का जलस्तर घटने से पनबिजली (Hydroelectricity) का उत्पादन लगभग ठप हो गया है, जिसके चलते पूरा यूरोप इस समय गंभीर ऊर्जा संकट से जूझ रहा है। रिकॉर्ड तोड़ गर्मी और लू के थपेड़ों के कारण पूरे यूरोप में अब तक 25,000 से अधिक लोगों की दर्दनाक मौत हो चुकी है। इसके अलावा जंगलों में भीषण आग लगने की घटनाओं से लगभग 1.5 लाख हेक्टेयर उपजाऊ जमीन जलकर खाक हो चुकी है। हालात इतने बेकाबू हो गए हैं कि मजबूरन करीब 5 लाख परिवारों को अपने पुश्तैनी घर-बार छोड़कर सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन करना पड़ा है, जिससे यह सदी की सबसे बड़ी मानवीय और पर्यावरणीय त्रासदी बन गई है।
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सूर्यपथ तिरंगा: फिजी से सैन फ्रांसिस्को तक पहुंचेगा डिजिटल संदेश
फिजी से सैन फ्रांसिस्को तक 50 से अधिक भारतीय मिशन 80वें स्वतंत्रता दिवस पर 'सूर्यपथ तिरंगा' अभियान में शामिल होंगे।
हिमाचल में दुर्लभ नजारा, किन्नौर में पहली बार दिखा यूरोप का प्रवासी पक्षी कॉमन ग्रीनशैंक
हिमाचल प्रदेश के किन्नौर जिले में पहली बार यूरोप से आने वाले प्रवासी जलपक्षी कॉमन ग्रीनशैंक का दस्तावेजीकरण किया गया है।
रिटायरमेंट के बाद अब यूरोप में खेलेंगे रहाणे, इस टीम में एंट्री
भारत में अपने क्रिकेट करियर पर विराम लगाने के बाद अजिंक्य रहाणे अब किसी सेलेक्शन या वापसी के इंतजार में नहीं हैं. यूरोपियन टी20 प्रीमियर लीग के जरिए वह पहली बार विदेशी फ्रेंचाइजी क्रिकेट में उतरेंगे, जहां एम्स्टर्डम फ्लेम्स के मार्की खिलाड़ी के रूप में उनकी बल्लेबाजी पर खास नजरें रहेंगी.
भारत में ही बनेंगे 94 राफेल, फ्रांस ने 114 विमानों के लिए भेज दिया प्रपोजल
फ्रांस ने 114 राफेल विमानों की डील को लेकर भारत सरकार को अपना तकनीकी प्रस्ताव भेज दिया है। इसका अध्ययन किया जा रहा है। प्रस्ताव के मुताबिक 94 राफेल विमान भारत में ही बनाए जाएंगे।
114 राफेल जेट विमान सौदे में एक महत्वपूर्ण विकास के तहत फ्रांस ने भारत को इस सौदे के लिए विस्तृत तकनीकी और व्यावसायिक प्रस्ताव प्रस्तुत किया है। इसमें बहु-भूमिका वाले लड़ाकू विमान का बड़े पैमाने पर स्थानीय निर्माण और उत्पादन शामिल होगा।
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‘खेल का मैदान हो, समुद्र तट या घर’: रूस-यूक्रेन युद्ध में बच्चों की मौतें रोकने की पुकार
यूक्रेन पर रूस का आक्रमण जारी है और हाल के सप्ताहों में दोनों देशों ने हवाई व ड्रोन हमले तेज़ किए हैं. संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (UNICEF) ने इन हमलों में बच्चों के मारे जाने और घायल होने पर चिन्ता जताते हुए उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपील की है.
फ्रांस ने 114 राफेल की डील के लिए भेजा प्रपोजल, भारत में ही बनेंगे 94 विमान
फ्रांस ने भारतीय वायुसेना को 114 राफेल मल्टीरोल फाइटर एयरक्राफ्ट की खरीद का टेक्निकल और कमर्शियल प्रपोजल सौंपा है. ये डील लगभग 3.25 लाख करोड़ रुपये की है और इसमें भारत में बड़े पैमाने पर लोकल मैन्यूफैक्चरिंग का प्लान शामिल है. ये सौदा भारत की रक्षा क्षमता बढ़ाने में मदद करेगा.
यूरोप में भीषण गर्मी का कहर... इटली में रेड अलर्ट, ऑस्ट्रिया में तापमान का टूटा रिकॉर्ड
यूरोप में भीषण गर्मी और लू ने कई देशों के तापमान रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं. इटली सरकार ने 27 प्रमुख शहरों को रेड अलर्ट पर रखा है. ऑस्ट्रिया में तापमान 41.2 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जो अब तक का सबसे ज्यादा तापमान है. इस गर्मी और सूखे का असर बिजली उत्पादन, परिवहन और पर्यटन पर भी पड़ा है. पर्यावरणविद ग्लोबल वार्मिंग को इस स्थिति का मुख्य कारण मानते हैं.
Ambala News: यूरोप भेजने के नाम पर 10 लाख रुपये ठगे
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अफवाह, अवैध प्रवास और सीमा विवाद... कैसे स्यूटा बना पूरे यूरोप की चिंता का कारण?
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भारत, फ्रांस और अरब देशों के बीच व्यापार व निवेश को मिलेगा बढ़ावा, एसोचैम ने किए अहम रणनीतिक समझौते
नई दिल्ली, 3 अगस्त (आईएएनएस)। देश के प्रमुख उद्योग संगठन एसोचैम ने भारत, फ्रांस और अरब देशों के बीच व्यापार, निवेश तथा कारोबारी सहयोग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से बिजनेस फ्रांस और भारत एवं अरब देशों के वाणिज्य, उद्योग एवं कृषि मंडल के साथ रणनीतिक समझौतों पर हस्ताक्षर किए हैं। इसकी घोषणा सोमवार को की गई।
यूरोप के इस देश में किराए पर मिलते हैं 'पति', महिलाएं घंटों के हिसाब से करती हैं पेमेंट, जानिए वजह
क्या आपने कभी सुना है किराए पर पति मिलते हैं? सुनने में ये काफी अजीब लग रहा है लेकिन यूरोप के एक देश में इस सर्विस से कई महिलाएं काफी खुश हैं। चलिए आपको रेंटल हस्बैंड की पूरी जानकारी देते हैं।
'यूरोप के दरवाजे' में घुस रहे 57 अफ्रीकियों को स्पेन ने क्यों मारा?
स्पेन की पुलिस बॉर्डर पर अलर्ट खड़ी है. पुलिस की गोलियों से अंदर घुसने की कोशिश कर रहे कई प्रवासियों की मौत हो चुकी है. 'यूरोप का दरवाजा' कहा जाने वाला स्यूटा शहर में प्रवासियों की बाढ़ ने इस शहर में कानून-व्यवस्था का संकट खड़ा कर दिया है.
फ्रांस में पहली बार दिखा आग का बादल आखिर है क्या?
अभूतपूर्व जंगल की आग से जूझते फ्रांस में पहली बार फायर क्लाउड यानी आग के बादल बनते देखा गया है. आखिर आग के बादल होते क्या हैं और इनका क्या असर होता है. फ्रांस में इसे देखने के बाद क्यों चिंता बढ़ रही है
यूरोप में ‘ओमेगा ब्लॉक’ हीटवेव का प्रकोप, रिकॉर्ड तोड़ गर्मी से जनजीवन बेहाल, दर्जनों लोगों की मौत
यूरोप में ‘ओमेगा ब्लॉक’ हीटवेव ने तबाही मचा दी है। फ्रांस, ब्रिटेन, इटली और स्पेन में रिकॉर्ड तोड़ गर्मी, बिजली संकट, स्कूल बंद और गर्मी से कई मौतों की खबरें सामने आई हैं।
अमेरिकी और यूरोपीय अमीर करते हैं धरती का सबसे ज्यादा नुकसान
एक नई रिसर्च से पता चला है कि दुनिया में सबसे ज्यादा खर्च करने वाले शीर्ष 10 फीसदी लोग पर्यावरण का सबसे ज्यादा नुकसान करते हैं
60 की उम्र में मिलिंद सोमन ने रचा इतिहास, यूरोप से अफ्रीका तक तैरकर पार किया स्ट्रेट ऑफ जिब्राल्टर
अभिनेता और फिटनेस आइकन मिलिंद सोमन ने एक बार फिर अपनी अद्भुत सहनशक्ति और फिटनेस का परिचय दिया है। 60 साल की उम्र में मिलिंद सोमन ने स्ट्रेट ऑफ जिब्राल्टर को तैरकर पार करने का एक कठिन और साहसी कारनामा कर दिखाया है। मिलिंद ने यूरोप और अफ्रीका के बीच ...
इटली से फ्रांस तक समंदर के बीच होगा Anant-Radhika का दूसराप्री वेडिंग फंक्शन, जानिए मेहमानों से लेकरड्रेस कोड तक सबकुछ
Heeramandi के बाद अब Cannes में अपनी 'गजगामिनी चाल' दिखाएंगी Aditi Rao Haidari,फ्रांस के लिए रवाना हुईबिब्बोजान
यूरोप से लेकर Sri Lanka तक इन देशो में शूट हुई है Surya और Bobby Deol की फिल्म Kanguva, बजट उड़ा देगा होश

