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Delhi में हिरासत में लिए गए CPIM नेताओं ने की पुलिस कार्रवाई की कड़ी निंदा

मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार और मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान दिल्ली पुलिस द्वारा हिरासत में लिए गए मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के नेताओं ने इस कार्रवाई की निंदा करते हुए सोशल मीडिया पर पोस्ट किए। वहीं, केरलमम में पार्टी के नेताओं ने भी उन्हें हिरासत में लिए जाने की निंदा की। हिरासत में लिए जाने के बाद फेसबुक पर एक पोस्ट साझा करते हुए केरलमम विधानसभा में विपक्ष के नेता पिनराई विजयन ने आरोप लगाया कि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी को ‘‘खुली जेल’’ में तब्दील कर दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार सशस्त्र पुलिस और अर्धसैनिक बलों को तैनात करके विरोध प्रदर्शनों को कुचलने की कोशिश कर रही है। माकपा नेता पी राजीव ने भी हिरासत में लिए जाने के बाद उन्हें ले जा रहे पुलिस वाहन से एक वीडियो बनाया। उन्होंने कहा कि गिरफ्तारियों के बावजूद भारत में लोकतंत्र को बचाने के लिए प्रदर्शन जारी रहेगा। उन्होंने कहा, ‘‘माकपा के सभी केंद्रीय नेताओं ने प्रदर्शन में हिस्सा लिया। उन्हें गिरफ्तार करके जेल जैसी गाड़ी में ले जाया गया है। हम पिछले एक घंटे से इस गाड़ी में हैं।’’इस बीच, माकपा नेता पी ए मोहम्मद रियास ने फेसबुक पर एक पोस्ट में पुलिस की कार्रवाई की निंदा करते हुए इसे ‘‘अलोकतांत्रिक’’ बताया। बेयपोर से विधायक और विजयन के दामाद रियास ने कहा कि अधिकारियों को यह नहीं मानना चाहिए कि पार्टी नेताओं को गिरफ्तार करके वे विरोध प्रदर्शनों को दबा सकते हैं। उन्होंने कहा कि विरोध प्रदर्शन करना लोकतंत्र का बुनियादी अधिकार है और पार्टी लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए अपना संघर्ष और तेज करेगी। माकपा के वरिष्ठ नेता वी शिवनकुट्टी ने ‘‘हम लेके रहेंगे’’ नारे वाली एक पोस्ट सोशल मीडिया पर साझा की। वहीं, माकपा की केरलमम इकाई ने दिल्ली में पुलिस की कार्रवाई के खिलाफ प्रदर्शन करने का आह्वान किया।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 6:23 pm

मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ Delhi में प्रदर्शन, Saurabh Bharadwaj ने उठाए भारी फोर्स पर सवाल

आम आदमी पार्टी (AAP) के दिल्ली अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने शनिवार को केंद्र सरकार पर आरोप लगाया कि वह राष्ट्रीय राजधानी में मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ हो रहे विरोध प्रदर्शन के दौरान युवाओं को अपनी आवाज़ उठाने से रोक रही है। भारद्वाज ने कहा कि देश भर से युवा अपने अधिकारों की मांग करने के लिए दिल्ली में इकट्ठा हुए थे। उन्होंने कहा आज देश के हर कोने से युवा अपने अधिकारों की मांग करने के लिए राष्ट्रीय राजधानी आए हैं। अंग्रेज़ों ने भी ऐसा व्यवहार नहीं किया था। जब गांधीजी ने अंग्रेज़ों से अधिकार मांगने के लिए दांडी मार्च किया था, तो उन्हें मार्च करने की अनुमति दी गई थी। अंग्रेज़ों ने भी अपनी आवाज़ उठाने के अधिकार को माना था। फिर भी, मौजूदा सरकार कहती है कि आप अपनी आवाज़ भी नहीं उठा सकते; आप बोल भी नहीं सकते। इसे भी पढ़ें: Shivraj Singh Chouhan को थमाई झूठी स्क्रिप्ट, YSRCP ने Proddatur कार्यक्रम पर TDP को घेरा भारद्वाज ने कहा कि अगर आप इस देश में आवाज़ उठाने की इजाज़त नहीं देते हैं, तो असल में आप अराजकता के बीज बो रहे हैं। सरकार ही इतनी बड़ी संख्या में पुलिस और पैरामिलिट्री फ़ोर्स तैनात करके यह स्थिति पैदा कर रही है। क्या पाकिस्तान ने हमला किया है? या बांग्लादेश ने? या चीन ने? उन्होंने प्रदर्शनकारियों के बारे में सरकार और उसकी एजेंसियों के आरोपों का भी ज़िक्र किया और सवाल उठाया कि इतनी बड़ी सुरक्षा मौजूदगी की ज़रूरत क्यों पड़ी। उन्होंने कहा आपकी सरकार, आपके मंत्री और आपकी इंटेलिजेंस एजेंसियां ​​दावा करती थीं कि 'कॉकरोच जनता पार्टी' के समर्थक पाकिस्तानी या बांग्लादेशी हैं। खैर, अगर वे सच में पाकिस्तानी, बांग्लादेशी या विदेशी हैं, तो उनसे इतना डर ​​क्यों है? वे अपने देश में हैं; वे यहाँ नहीं आ सकते। वे देश में कहीं और नहीं जा रहे हैं। भारद्वाज ने कहा कि प्रदर्शनकारी सुबह से ही गिरफ़्तारी दे रहे हैं और आगे भी ऐसा करते रहेंगे, साथ ही उन्होंने कहा कि AAP को हिरासत में लिए जाने से डर नहीं लगता। उन्होंने कहा वे सुबह से ही गिरफ़्तारी दे रहे हैं, और मुझे लगता है कि यह दिन भर चलता रहेगा। हमें गिरफ़्तार होने से डर नहीं लगता।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 6:22 pm

CEC ज्ञानेश कुमार से इस्तीफे की मांग, सुरिंदर चौधरी ने दिल्ली में पाबंदियों पर उठाए सवाल

जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री सुरिंदर चौधरी ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कॉजपा के विरोध प्रदर्शन के आह्वान के बीच दिल्ली में लगाई गई पाबंदियों का जिक्र करते हुए शनिवार को सवाल उठाया कि क्या आज के हालात आपातकाल के समय से कम गंभीर हैं। कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) नेताओं को हिरासत में लिए जाने को ‘‘गलत’’ बताते हुए उन्होंने लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा करने और संस्थाओं की आजादी बनाए रखने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने कुमार के खिलाफ लगे गंभीर आरोपों की जांच कराने की भी मांग करते हुए कहा कि चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए मुख्य निर्वाचन आयुक्त को नैतिक आधार पर इस्तीफा दे देना चाहिए। उपमुख्यमंत्री ने यहां एक कार्यक्रम के इतर पत्रकारों से कहा, ‘‘कॉजपा नेताओं को हिरासत में लेना गलत है और ऐसा नहीं होना चाहिए। प्रदर्शन करना उनका अधिकार है। मुख्य निर्वाचन आयुक्त के खिलाफ गंभीर आरोप हैं और ये आरोप किसी राजनीतिक दल ने नहीं, बल्कि उनके दो सहयोगियों ने लगाए हैं। इसलिए इस मामले की जांच होनी चाहिए।’’उन्होंने कॉजपा के प्रमुख नेताओं अभिजीत दीपके, सौरव दास और आशुतोष रांका को हिरासत में लिए जाने तथा दिल्ली में लोगों को प्रदर्शन स्थल तक पहुंचने से रोकने की कोशिशों से जुड़े सवाल के जवाब में यह बात कही। चौधरी ने राष्ट्रीय राजधानी में लगाई गई पाबंदियों पर सवाल उठाते हुए कहा कि ऐसे कदम लोकतांत्रिक स्वतंत्रता को लेकर चिंता पैदा करते हैं। उन्होंने कहा, ‘‘आज देश में जो कुछ हो रहा है, वह कई मायनों में गलत है। आप (भाजपा) बार-बार आपातकाल की बात करते हैं... क्या आज की स्थिति आपातकाल के समय से कम गंभीर है? जब आपने दिल्ली को पूरी तरह ठप कर दिया है और राजधानी को पंगु बना दिया है, तो इसका क्या मतलब है?’’पारदर्शी चुनाव प्रक्रिया और मजबूत लोकतंत्र की जरूरत पर जोर देते हुए उपमुख्यमंत्री ने कहा कि चुनाव प्रणाली में जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए मुख्य निर्वाचन आयुक्त को नैतिक आधार पर इस्तीफा दे देना चाहिए। उन्होंने कहा, ‘‘यदि हम लोकतंत्र को जीवंत और मजबूत बनाए रखना चाहते हैं और अपने मतों की गिनती में पारदर्शिता सुनिश्चित करना चाहते हैं, तो मुख्य निर्वाचन आयुक्त को नैतिक आधार पर इस्तीफा दे देना चाहिए।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 6:13 pm

कभी जनसभा से भीड़ को दूर रखने के लिए कांग्रेस ने उठाया था ऐसा कदम, अगले दिन की हेडलाइन बनी- फिर भी बाबूजी 'बॉबी' से जीत गए!

आज जब भी देश की राजधानी या किसी बड़े शहर में कोई जन-आंदोलन करवट लेता है। चाहे वह नागरिक अधिकारों को लेकर उठा विरोध हो, किसान आंदोलन हो या सीजेपी जैसे मानवाधिकार मंचों से जुड़े प्रदर्शन तो सत्ता का पहला कदम क्या होता है? मेट्रो स्टेशनों के गेट बंद कर दिए जाते हैं, ट्रेनों के रूट डायवर्ट होते हैं, इंटरनेट की रफ्तार थाम दी जाती है और धारा 144 की दीवारें खड़ी कर दी जाती हैं। मकसद साफ होता है भीड़ को सड़क तक पहुंचने से रोकना। इसके असर को सीमित कर देना। शनिवार को दिल्ली में चुनाव आयोग के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन के दौरान अरविंद केजरीवाल, ममता बनर्जी, पिनाराई विजयन, नेहा बोरा, योगेंद्र यादव और प्रशांत भूषण समेत कई विपक्षी नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया गया। शाम 5:40 बजे तक राजधानी में लगभग 4,000 लोगों को हिरासत में लिया जा चुका था। जंतर-मंतर जाने वाली सड़कों पर बैरिकेड लगा दिए गए थे और शाम तक कोई भी प्रदर्शनकारी उस जगह तक नहीं पहुँच पाया था। पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने इस हिरासत की निंदा की और चेतावनी दी कि अगर हिरासत में लिए गए लोगों को रविवार तक रिहा नहीं किया गया, तो वे फिर से अनशन करेंगे। CJP और NCP (SP) द्वारा आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में नेताओं ने राजधानी में की गई सख़्त कार्रवाई के बावजूद विरोध प्रदर्शन जारी रखने का संकल्प लिया। इसे भी पढ़ें: CEC के खिलाफ Jantar Mantar पर प्रदर्शन की कोशिश, 3000 लोग दिल्ली पुलिस की हिरासत में सत्ता और जनआक्रोश का यह टकराव कोई नया नहीं है। जब सरकारें साधन रोकती हैं, तो इतिहास अक्सर यह याद दिलाता है कि जनसैलाब साधनों का मोहताज नहीं होता। इसका सबसे दिलचस्प और ऐतिहासिक उदाहरण 1977 का वह वाकया है, जब सत्ता ने रास्ते रोकने के लिए कोई पुलिस लाठी नहीं, बल्कि सिनेमाई आकर्षण का सहारा लिया था। जनता पार्टी के गठन के ठीक 10 दिन बाद बाबू जगजीवन राम ने केंद्र सरकार से इस्तीफा दे दिया। देश में आपातकाल के बाद की सियासी हवा बदल रही थी। बाबूजी ने 6 मार्च को दिल्ली के रामलीला मैदान में एक विशाल जनसभा को संबोधित करने का ऐलान किया। उस दौर की कांग्रेस सरकार इस सभा के असर से वाकिफ थी। सभा को बेअसर करने और मैदान को खाली रखने के लिए सरकार ने एक बेहद चालाक रणनीति अपनाई। इसे भी पढ़ें: CEC Gyanesh Kumar पर Akhilesh Yadav हमलावर, कहा- जनता को रोकना BJP की बड़ी भूल होगी जब बाबूजी बॉबी से जीत गए जनता पार्टी के गठन के 10 दिन बाद बाबू जगजीवन राम ने भी केंद्र सरकार से इस्तीफा दे दिया। बाबू जगजीवन राम ने दिल्ली में 6 मार्च को विशाल जनसभा को संबोधित करने का ऐलान किया। उनकी जनसभा को कमजोर करने के लिए कांग्रेस ने एक दिलचस्प चाल चली।’ रामचंद्र गुहा ‘इंडिया आफ्टर गांधी’ में लिखते हैं कि बाबू जगजीवन राम की जनसभा से भीड़ को दूर रखने के लिए कांग्रेस ने ठीक जनसभा के वक्त उस दौर की मशहूर रोमांटिक फिल्म ‘बॉबी’ का दूरदर्शन पर प्रसारण करवाना तय किया। 1977 में देश में सिर्फ दूरदर्शन ही हुआ करता था और उसका नियंत्रण पूरी तरह से सरकार के हाथों में ही था। आम दिनों में यदि बॉबी फिल्म टीवी पर दिखाई जा रही होती तो दिल्ली की लगभग आधी आबादी टीवी स्क्रीनों के इर्द-गिर्द ही सिमटी रहती। लेकिन उस दिन ऐसा नहीं हुआ। करीब 10 हजार लोगों ने दिल्ली में बाबूजी और जयप्रकाश नारायण को सुना। उस दौर के एक अखबार ने अगले दिन हैडलाइन बनाई कि आज बाबूजी बॉबी से जीत गए! इसे भी पढ़ें: MK Stalin बोले, असहमति अपराध नहीं, Delhi में प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई बंद करे केंद्र हालांकि यह सच है कि आज का दौर 1977 का आपातकाल नहीं है, न ही आज उस कद के नेता मंचों पर खड़े हैं। लेकिन 1977 की वह शाम और आज के बंद मेट्रो स्टेशन एक बात समान रूप से साबित करते हैं। सत्ता के पास रोकने के तरीके हमेशा तकनीकी और प्रशासनिक होते हैं चाहे वह 'बॉबी' का प्रसारण हो या मेट्रो के बंद फाटक। अब मेट्रो स्टेशन सुरक्षा कारणों से बंद कर दिए जाते हैं, बसें सीमा पर रोक दी जाती हैं और इंटरनेट बंद कर दिया जाता है। लेकिन 1977 की वह शाम आज भी यही सिखाती है कि जब जनता के भीतर अपनी बात कहने और सुनने की बेचैनी हद से बढ़ जाती है, तो न टीवी स्क्रीन पर चमकती 'बॉबी' उसे बांध पाती है, और न ही बंद पड़े मेट्रो स्टेशनों के ताले उसे रोक पाते हैं।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 6:13 pm

Delhi: CJP के प्रदर्शन के दौरान हनुमान मंदिर के पास महिला पुलिसकर्मी घायल

10 अक्टूबर, शनिवार: दिल्ली में CJP के प्रदर्शन के दौरान हनुमान मंदिर के पास 100-150 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया, जिसमें एक महिला पुलिसकर्मी घायल हो गई।

लाइव हिन्दुस्तान 10 Oct 2026 6:07 pm

CEC के खिलाफ Jantar Mantar पर प्रदर्शन की कोशिश, 3000 लोग दिल्ली पुलिस की हिरासत में

मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) के प्रदर्शन में शामिल होने के लिए जंतर-मंतर पहुंचने की कोशिश कर रहे लगभग 3000 प्रदर्शनकारियों को दिल्ली पुलिस ने शनिवार को हिरासत में ले लिया। सूत्रों ने बताया कि प्रदर्शनकारियों को नयी दिल्ली इलाके और अन्य जिलों से हिरासत में लिया गया। पुलिस प्रदर्शन स्थल तक पहुंचने की कोशिश कर रहे लोगों की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए ड्रोन का इस्तेमाल कर रही है। प्रदर्शनकारियों को रीगल सिनेमा के पास, मिंटो ब्रिज और आकाशवाणी भवन के पास सहित कई स्थानों से हिरासत में लिया गया। पुलिस सूत्रों ने बताया कि जंतर मंतर पर कॉजपा के प्रस्तावित प्रदर्शन से पहले एहतियाती उपायों के तहत राष्ट्रीय राजधानी के सभी जिलों से आपराधिक रिकॉर्ड वाले 600 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया गया। सूत्रों ने बताया कि इस कार्रवाई का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आपराधिक पृष्ठभूमि वाले लोग प्रस्तावित प्रदर्शन के दौरान कानून-व्यवस्था की स्थिति न पैदा करें। सूत्रों के अनुसार, पुलिस कुछ ऐसे लोगों की गतिविधियों पर भी कड़ी नजर रख रही है, जो प्रस्तावित प्रदर्शन में शामिल होने के लिए लोगों को जुटा सकते हैं या उन्हें इसमें शामिल होने के लिए प्रभावित कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि सुरक्षा उपायों के तहत ऐसे लोगों के घरों के बाहर निगरानी भी बढ़ा दी गई है। विशेष पुलिस आयुक्त (कानून एवं व्यवस्था) देवेश श्रीवास्तव ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘हमने आज सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किए हैं और पड़ोसी राज्यों से सटे इलाकों में पड़ोसी पुलिस बलों के समन्वय से ‘पिकेट’ स्थापित किए गए हैं। वरिष्ठ अधिकारियों को जमीनी स्तर पर तैनात किया गया है। इसके साथ ही हमें नागरिकों का सहयोग मिल रहा है और अमन कमेटी जैसी हमारी ‘कम्युनिटी पुलिसिंग’ टीम काम कर रही हैं।’’उन्होंने बताया कि पुलिस ने नागरिकों से इस प्रदर्शन में हिस्सा न लेने की अपील की है। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘‘स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। जंतर-मंतर की ओर जाने वाले लोगों को हिरासत में लिया जा रहा है, क्योंकि हम पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि ऐसे किसी प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी गई है।’’किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए राष्ट्रीय राजधानी भर में, विशेषकर जंतर-मंतर की ओर जाने वाले मार्गों और अन्य संवेदनशील इलाकों में रणनीतिक स्थानों पर पुलिसबल को तैनात किया गया है। सुरक्षा व्यवस्था के तहत कड़ी निगरानी रखी जा रही है और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करने के संदिग्ध लोगों की आवाजाही पर नजर रखी जा रही है। पुलिस ने कहा कि नयी दिल्ली क्षेत्र में निषेधाज्ञा लागू है और लोगों से पाबंदियों का पालन करने की अपील की गई है। कॉजपा मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की आड़ में मतदाता सूचियों में गड़बड़ी करने और नए मतदाता के पंजीकरण के वास्ते इस्तेमाल होने वाले ‘फॉर्म 6’ में बदलाव के लिए दो सहयोगी निर्वाचन आयुक्तों की आपत्ति को दरकिनार करने के आरोप लगा रही है। इस मुद्दे को लेकर कॉजपा ने विरोध-प्रदर्शन का आह्वान किया है।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 6:03 pm

गरबा के बीच में क्यों रखा जाता है दीपक वाला घड़ा? जानें इसके पीछे की मान्यता

New Delhi, 10 अक्टूबर . भारतीय संस्कृति में नृत्य और संगीत को ईश्वर तक पहुंचने का सबसे सरल मार्ग माना गया है. नवरात्रि के दौरान खेला जाने वाला गरबा इसी सांस्कृतिक और धार्मिक परंपरा का अद्भुत उदाहरण हैं. गरबा केवल Gujarat की सांस्कृतिक पहचान नहीं बल्कि आज पूरे विश्व में शक्ति-उपासना का पर्याय बन चुका ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 5:53 pm

CJP प्रोटेस्ट: दिल्ली की सड़कों से उठाए जा रहे 'कॉकरोच' कहां ले जाए जा रहे, सामने आया VIDEO

ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे कॉकरोच जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं को दिल्ली पुलिस ने बड़ी संख्या में डिटेन किया है। इन डिटेन कार्यकर्ताओं को दिल्ली पुलिस ले जाकर छत्रसाल स्टेडियम में बंद कर रही है, जिससे यह मैदान एक अस्थायी कंटेनमेंट जोन में बदल गया है।

लाइव हिन्दुस्तान 10 Oct 2026 5:53 pm

Delhi Riots मामले में पूर्व आप पार्षद Tahir Hussain दंगा भड़काने के दोषी करार

दिल्ली की एक अदालत ने 2020 के उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगों से जुड़े दयालपुर इलाके के एक मामले में आम आदमी पार्टी (आप) के पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन को दंगा भड़काने के लिए उकसाने का शनिवार को दोषी ठहराया, जबकि 12 अन्य आरोपियों को सभी आरोपों से बरी कर दिया। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश प्रवीण सिंह ने हुसैन को भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 147 (दंगा करने के लिए सजा) के साथ धारा 109 (उकसाना) के तहत दोषी ठहराया। हालांकि, अदालत ने उसे अन्य आरोपों से बरी कर दिया। अदालत ने हुसैन की सजा पर दलीलें सुनने के लिए मामले की सुनवाई 16 नवंबर को तय की है। विस्तृत आदेश की प्रतीक्षा है। इस मामले में कुल 13 आरोपी थे। इनमें हुसैन के अलावा मोहम्मद शादाब, शाह आलम, रियासत अली, गुलफाम, राशिद, मोहम्मद रिहान, मोहम्मद आबिद, अरशद कय्यूम, इरशाद अहमद, दीपक सिंह सैनी, नवनीत और महक सिंह शामिल थे। इन सभी पर दंगा करने, संपत्ति को नुकसान पहुंचाने, आग से नुकसान पहुंचाने और आपराधिक साजिश रचने समेत कई अपराधों के आरोप लगाए गए थे। अदालत ने हुसैन के 12 सह-आरोपियों को सभी आरोपों से बरी कर दिया, जबकि पूर्व पार्षद को दो आरोपों में दोषी ठहराया और बाकी आरोपों से बरी कर दिया। जुलाई में दिल्ली की एक अदालत ने 2020 के उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगों के दौरान खुफिया ब्यूरो (आईबी) के अधिकारी अंकित शर्मा की हत्या से जुड़े एक मामले में हुसैन और चार अन्य लोगों को दोषी ठहराया था। यह मामला अंकित शर्मा के पिता रवींद्र कुमार की शिकायत पर दयालपुर पुलिस थाने में दर्ज एक प्राथमिकी से संबंधित है। इस मामले में नाम सामने आने के बाद आम आदमी पार्टी (आप) ने हुसैन को निलंबित कर दिया था। फरवरी 2020 में उत्तर-पूर्वी दिल्ली में भड़के दंगों में 53 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि कई अन्य घायल हुए थे और संपत्ति को बड़े पैमाने पर नुकसान पहुंचा था।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 5:53 pm

दिल्ली पुलिस की मानवीय पहल: दादी के निधन की सूचना मिलते ही हिरासत में लिए गए CJP संस्थापक अभिजीत दीपके को दी गई गृहनगर जाने की पेशकश

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन से ठीक पहले राजनीतिक और प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। इस बीच, दिल्ली पुलिस ने एक मानवीय कदम उठाते हुए CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके को महाराष्ट्र में उनकी दादी के निधन की दुखद सूचना दी और उन्हें उनके गृहनगर जाने के लिए हरसंभव मदद की पेशकश की है। शनिवार को दिल्ली पुलिस की ओर से एक आधिकारिक बयान जारी कर इस बात की जानकारी दी गई। दीपके के परिवार के मुताबिक, महाराष्ट्र के हिंगोली जिले के संटुक पिंपरी गांव में सावित्रीबाई शंकरराव दीपके का लंबी बीमारी के बाद शनिवार पूर्वाह्न करीब 11:30 बजे निधन हो गया। वह 85 वर्ष की थीं। उन्होंने बताया कि रविवार सुबह 10 बजे उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन के लिए मुंबई से दिल्ली पहुंचने पर, दीपके को कॉजपा नेताओं सौरव दास और आशुतोष रांका के साथ दिल्ली पुलिस ने हवाई अड्डे पर हिरासत में ले लिया। दिल्ली पुलिस ने अपने बयान में कहा, ‘‘जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी की ओर से विरोध प्रदर्शन के आह्वान को देखते हुए अभिजीत दीपके को हिरासत में लिया गया। दिन में, अभिजीत दीपके की दादी के निधन की दुखद खबर मिली।’’ बयान के अनुसार, ‘‘उन्हें पूरी संवेदनशीलता के साथ तुरंत जानकारी दी गई और (उनकी दादी के) अंतिम संस्कार के समय के बारे में बताया गया। मानवीय आधार पर, उन्हें अपने गृहनगर जाने के लिए हरसंभव मदद की पेशकश भी की गई।’’ कॉजपा ने कहा कि राष्ट्रीय राजधानी में विमान के उतरने के तुरंत बाद तीनों नेताओं को उसके अंदर ही हिरासत में ले लिया गया। दीपके के एक चचेरे भाई ने बताया कि परिवार शुरुआत में उनसे संपर्क नहीं कर पाया क्योंकि उन्हें दिल्ली में हिरासत में ले लिया गया था। उन्होंने बताया कि दीपके के माता-पिता को इसकी जानकारी दे दी गई है और वे गांव के लिए निकल चुके हैं। परिवार के सूत्रों के मुताबिक, दीपके अपनी दादी से 15 अगस्त को मिले थे, जब उन्होंने हिंगोली जिले में ‘स्कूल ठीक करो’ अभियान की शुरुआत की थी, और उसके बाद वह उनसे एक बार और मिले थे। उन्होंने बताया कि पिछले 20-25 दिन से वह उनसे नहीं मिल पाए थे। इस बीच, शनिवार को पुलिस ने लगभग 3,000 लोगों को हिरासत में ले लिया, क्योंकि प्रदर्शनकारी नयी दिल्ली जिले में भारी संख्या में सुरक्षाबलों तैनाती के बावजूद जंतर-मंतर पहुंचने की कोशिश कर रहे थे। प्रदर्शन का आह्वान सीईसी ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर दबाव बनाने के लिए किया गया, लेकिन पुलिस ने इसकी अनुमति नहीं दी और इलाके में निषेधाज्ञा लागू कर दी।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 5:51 pm

दिल्ली-गुरुग्राम बॉर्डर पर लगा भारी जाम, बैरिकेडिंग से फंसी एम्बुलेंस

दिल्ली और गुरुग्राम के सीमावर्ती इलाकों में पुलिस द्वारा चलाए जा रहे सघन चेकिंग अभियान की वजह से बहुत भारी ट्रैफिक जाम लग गया है. राष्ट्रीय राजमार्ग पर बैरिकेडिंग लगाकर दिल्ली पुलिस के जवान हर आने-जाने वाले वाहन की गहनता से जांच कर रहे हैं. इस वजह से सिरहौल बॉर्डर से लेकर शंकर चौक तक गाड़ियों की लंबी कतारें लग गई हैं और वाहन बेहद धीमी गति से रेंग रहे हैं. जाम की स्थिति इतनी विकट है कि मरीजों को ले जा रही एंबुलेंस भी इस जाम में फंस गई हैं और उन्हें रास्ता पाने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ रही है.

आज तक 10 Oct 2026 5:49 pm

Delhi Riots Case में पूर्व AAP पार्षद Tahir Hussain दोषी, कोर्ट ने 12 आरोपियों को बरी किया

दिल्ली की एक अदालत ने शनिवार को आम आदमी पार्टी (AAP) के पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन को 2020 के दंगों के दौरान उत्तर-पूर्वी दिल्ली के दयालपुर इलाके में आगजनी से जुड़े एक मामले में दंगे भड़काने का दोषी ठहराया। कोर्ट ने 12 अन्य सह-आरोपियों को बाकी सभी आरोपों से बरी कर दिया। यह आदेश कड़कड़डूमा कोर्ट के एडिशनल सेशंस जज समीर बाजपेयी ने दिया। LiveLaw के अनुसार, FIR भारतीय दंड संहिता (IPC) की धाराओं 147, 148 और 149 (दंगा), 427 (संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाली शरारत), 436 (आग से शरारत) और 120B (आपराधिक साजिश) के तहत दर्ज की गई थी। यह ताहिर हुसैन की दूसरी सज़ा है। इससे पहले उन्हें इंटेलिजेंस ब्यूरो के कर्मचारी अंकित शर्मा की हत्या के मामले में दोषी ठहराया गया था, जिनकी 2020 के दिल्ली दंगों के दौरान हत्या कर दी गई थी। उस मामले में हुसैन को उम्रकैद की सज़ा सुनाई गई थी। इसे भी पढ़ें: India Laser experiment: भारत ने लेजर से भेजा संदेश, देश को मिला बहुत बड़ा सीक्रेट अदालत ने माना कि भले ही अपराध बहुत क्रूर था और पीड़ित की हत्या एक हिंसक भीड़ ने की थी, लेकिन अभियोजन पक्ष यह साबित करने में नाकाम रहा कि दोषी सुधर नहीं सकते या सज़ा पूरी होने के बाद उनकी रिहाई से समाज को कोई खतरा होगा। स्पेशल पब्लिक प्रॉसिक्यूटर मधुकर पांडे ने दलील दी कि शर्मा का अपहरण किया गया और बेरहमी से पीटा गया, जिससे उन्हें 51 चोटें आईं; इनमें से 18 चोटें धारदार हथियारों से पहुंचाई गई थीं। उन्होंने कहा कि अंकित शर्मा का अपहरण किया गया और उन्हें बेदर्दी से पीटा गया। पीड़ित को कुल 51 चोटें आईं और इनमें से 18 चोटें धारदार हथियारों से लगी थीं। यह ऐसा मामला नहीं है जहां किसी को एक या तीन बार चाकू मारा गया हो। उन्होंने आगे कहा कि आरोपी ने शर्मा की मौत के बाद भी उन पर हमला जारी रखा। इसे भी पढ़ें: AAP का केंद्र पर हमला, जंतर-मंतर प्रदर्शन से पहले हिरासत पर लगाया काला आपातकाल का आरोप प्रॉसिक्यूटर ने आगे कहा आरोपी इंसान नहीं, जानवर थे। उन्हें मरे हुए व्यक्ति के प्रति कोई सम्मान नहीं था, इसलिए उन्हें जेल में रखा जाना चाहिए और मौत की सज़ा दी जानी चाहिए।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 5:47 pm

दिल्ली एयरपोर्ट पर एयर ट्रैफिक कंजेशन से उड़ानें प्रभावित, वीडियो में जाने अहमदाबाद-पुणे की 2 फ्लाइट जयपुर डायवर्ट; कुल्लू की उड़ान रद्द

दिल्ली एयरपोर्ट पर एयर ट्रैफिक कंजेशन से उड़ानें प्रभावित, वीडियो में जाने अहमदाबाद-पुणे की 2 फ्लाइट जयपुर डायवर्ट; कुल्लू की उड़ान रद्द

समाचार नामा 10 Oct 2026 5:45 pm

दिल्ली के झंडेवालान में हिरासत में लिए गए सीजेपी प्रदर्शनकारियों को ले जा रही बस पर पत्थर फेंके गए

शनिवार को नई दिल्ली के झंडेवालान इलाके में हिरासत में लिए गए लोगों को ले जा रही बस पर पत्थर फेंके गए। पुलिस ने जंतर-मंतर के पास कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन के लिए आ रहे लोगों को हिरासत में लेना जारी रखा।

खास खबर 10 Oct 2026 5:42 pm

दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया, जंतर-मंतर पर सुरक्षा सख्त

दिल्ली में प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली पुलिस पूरी तरह से एक्शन मोड में नजर आ रही है. दिल्ली पुलिस के अधिकारियों ने हवाई अड्डे पर उतरते ही कई प्रमुख चेहरों को अपनी हिरासत में ले लिया है. इसके साथ ही जंतर-मंतर और आसपास के इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी कर दी गई है. हनुमान मंदिर और जंतर-मंतर के पास बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी जमा हो गए थे, जिन्हें हटाने के लिए पुलिस को बल प्रयोग करना पड़ा.

आज तक 10 Oct 2026 5:37 pm

पुलिस की बस के आगे डट गई छात्रा, दिल्ली में प्रदर्शन के दौरान दिखा रिया अहीर जैसा नजारा

दिल्ली में छात्र संगठनों के मार्च के दौरान एक छात्रा ने हिरासत में लिए गए प्रदर्शनकारियों को ले जा रही पुलिस बस को रोकने की कोशिश की.

NDTV इंडिया 10 Oct 2026 5:35 pm

ममता बनर्जी ने दिल्ली पुलिस पर लगाया ‘अपहरण’ का आरोप, थाने में धरने पर बैठीं

New Delhi, 10 अक्टूबर . पश्चिम बंगाल की पूर्व Chief Minister और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) प्रमुख ममता बनर्जी ने Saturday को दिल्ली में हिरासत में लिए जाने के बाद Police पर गंभीर आरोप लगाए. उन्होंने कहा कि उन्हें और उनके साथ मौजूद चार सांसदों को हिरासत में लेकर दो घंटे तक जेल वैन में घुमाया ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 5:33 pm

‘देश की एकजुटता से डरी सरकार’, प्रदर्शन के बीच सीजेपी ने केंद्र पर साधा निशाना

New Delhi, 10 अक्टूबर . दिल्ली में विरोध प्रदर्शन के दौरान कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) ने लोगों से जंतर-मंतर पहुंचने की अपील की है. सीजेपी नेता अजिंक्य शिंदे ने social media पर एक वीडियो संदेश शेयर कर मोदी Government पर भी निशाना साधा. सीजेपी नेता ने अपने वीडियो संदेश में कहा कि अभिजीत दिपके, सौरभ ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 5:33 pm

ममता बनर्जी ने दिल्ली पुलिस पर लगाया 'अपहरण' का आरोप, थाने में धरने पर बैठीं

पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) प्रमुख ममता बनर्जी ने शनिवार को दिल्ली में हिरासत में लिए जाने के बाद पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि उन्हें और उनके साथ मौजूद चार सांसदों को हिरासत में लेकर दो घंटे तक जेल वैन में घुमाया गया। ममता बनर्जी ने ऐलान किया कि वह शनिवार रात कोलकाता नहीं लौटेंगी और विरोधस्वरूप सोमवार को विपक्षी गठबंधन आईएनडीआईए के मार्च में शामिल होंगी।

खास खबर 10 Oct 2026 5:32 pm

CJP Protest से दिल्ली के दिल कनॉट प्लेस पर लटका ताला: धंधा 70% गिरा, कारोबारियों को 2 हजार करोड़ का भारी झटका

त्योहारी सीजन की दहलीज पर खड़े देश की राजधानी दिल्ली के खुदरा और थोक व्यापारियों को शनिवार को उस समय बहुत बड़ा झटका लगा, जब दिल्ली के दिल कहे जाने वाले कनॉट प्लेस (CP) समेत मध्य दिल्ली के प्रमुख बाजारों के शटर पूरे दिन गिरे रहे। चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ सिटीजंस फॉर जस्टिस एंड पीस (CJP) और संयुक्त मंचों द्वारा जंतर-मंतर पर बुलाए गए व्यापक विरोध प्रदर्शन ('जंतर-मंतर 2.0') के कारण पूरी नई दिल्ली छावनी में तब्दील हो गई। सुरक्षा चिंताओं, कई मेट्रो स्टेशनों के प्रवेश-निकास बंद होने, भारी बैरिकेडिंग और संभावित उपद्रव के डर से व्यापारियों ने अपनी दुकानें और प्रतिष्ठान बंद रखने का फैसला किया। न्यू दिल्ली ट्रेडर्स एसोसिएशन (NDTA) और चैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री (CTI) के प्रारंभिक आकलन के अनुसार, वीकेंड के इस एकलौते दिन कारोबार ठप होने से दिल्ली के व्यापारियों को लगभग 2,000 करोड़ रुपये का सीधा व्यावसायिक नुकसान उठाना पड़ा है।वीकेंड और त्योहारी सीजन की शुरुआत पर पड़ा सबसे बड़ा आघातआमतौर पर शनिवार और रविवार के दिन कनॉट प्लेस, खान मार्केट, जनपथ और पालिका बाजार जैसे इलाकों में दिल्ली-एनसीआर के अलावा पड़ोसी राज्यों से लाखों लोग खरीदारी और खान-पान के लिए उमड़ते हैं। नवरात्रि और आगामी दिवाली के त्योहारों के चलते व्यापारियों ने दुकानों में नए स्टॉक भर रखे थे और बिक्री की भारी उम्मीद लगाए बैठे थे। हालांकि, सुबह से ही प्रदर्शनकारियों के जमावड़े, जगह-जगह पुलिस की नाकेबंदी और धारा 144 लागू होने के चलते खरीदार घरों से बाहर नहीं निकल सके। व्यापारियों का कहना है कि जहां सामान्य दिनों में इस समय बाजारों में पैर रखने की जगह नहीं होती थी, वहीं आज सड़कों और गलियारों में केवल पुलिस के जवान, अर्धसैनिक बल और सन्नाटा ही पसरा दिखाई दिया।दिल्ली भर में 70 फीसदी तक गिरा व्यापार, 15 लाख व्यापारियों के रोजगार पर असरचैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री (CTI) के अध्यक्ष बृजेश गोयल के अनुसार, जंतर-मंतर और लुटियंस दिल्ली के आसपास के तनाव का असर केवल कनॉट प्लेस तक ही सीमित नहीं रहा, बल्कि इसका दायरा पूरी दिल्ली के व्यापार तंत्र तक फैल गया। चांदनी चौक, सदर बाजार, कश्मीरी गेट, चावड़ी बाजार और करोल बाग जैसे एशिया के सबसे बड़े थोक बाजारों में भी ग्राहकों और मालवाहक वाहनों की आवाजाही पूरी तरह बाधित रही। सीटीआई के आंकड़ों के मुताबिक, विरोध प्रदर्शनों और यातायात प्रतिबंधों के कारण दिल्ली का कुल व्यापार सामान्य स्तर से घटकर महज 30 प्रतिशत पर आ गया, यानी कारोबार में 70 प्रतिशत की भारी गिरावट दर्ज की गई है। इस व्यवधान से दिल्ली के करीब 15 लाख छोटे-बड़े व्यापारियों, खुदरा विक्रेताओं और दैनिक वेतनभोगियों की आजीविका पर सीधा असर पड़ा है।मेट्रो स्टेशन बंद होने और इंटरनेट पाबंदियों से ग्राहक बाजारों तक पहुंचे ही नहींव्यापारियों के नुकसान की एक प्रमुख वजह दिल्ली मेट्रो और सार्वजनिक परिवहन का ठप होना रहा। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए दिल्ली पुलिस की सलाह पर डीएमआरसी ने राजीव चौक, पटेल चौक, केंद्रीय सचिवालय, उद्योग भवन और जनपथ समेत कई अहम मेट्रो स्टेशनों के गेट बंद कर दिए थे। इसके अतिरिक्त मध्य दिल्ली के कुछ हिस्सों में मोबाइल इंटरनेट सेवाओं के अस्थायी निलंबन के कारण डिजिटल भुगतान, ऑनलाइन बिलिंग और कैब सेवाएं भी बुरी तरह लड़खड़ा गईं। बाहर के शहरों (जैसे नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद और फरीदाबाद) से दिल्ली आकर थोक खरीदारी करने वाले व्यापारी रास्ते में ही जाम और पाबंदियों के कारण लौट गए, जिससे दुकानों में रखा सामान धरा का धरा रह गया।होटल, रेस्तरां और सर्विस सेक्टर को भी बड़ा झटका, बुकिंग्स हुईं कैंसिलकनॉट प्लेस और आसपास के इलाकों में स्थित सैकड़ों रेस्तरां, बार, कैफे, सिनेमा हॉल और सैलून को भी इस बंद की भारी कीमत चुकानी पड़ी है। वीकेंड पर इन जगहों पर सामान्य दिनों की तुलना में 3 से 4 गुना अधिक फुटफॉल होता है, लेकिन उपद्रव और सुरक्षा के खतरे को देखते हुए ग्राहकों ने पहले से की गई टेबल और मूवी टिकट बुकिंग्स सामूहिक रूप से कैंसिल कर दीं। खान मार्केट ट्रेडर्स एसोसिएशन के प्रतिनिधियों ने भी चिंता जताते हुए कहा कि खान मार्केट जैसे प्रीमियम बाजार में एक दिन दुकान बंद रहने से प्रति कारोबारी लाखों का नुकसान होता है, और रेस्तरां में रखी खराब होने वाली खाद्य सामग्रियां बेकार हो जाने से क्षति दोगुनी हो जाती है।व्यापारी संगठनों की सरकार और प्रदर्शनकारियों से तीखी अपीलन्यू दिल्ली ट्रेडर्स एसोसिएशन (NDTA) और अन्य व्यापारिक संगठनों ने इस पूरे घटनाक्रम पर गहरा आक्रोश व्यक्त किया है। व्यापारी प्रतिनिधियों ने कहा कि लोकतंत्र में हर नागरिक और संगठन को शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन करने का अधिकार है, लेकिन यह अधिकार आम नागरिकों की सुरक्षा, आवश्यक सेवाओं को ठप करने और व्यापारियों को अरबों रुपये के नुकसान की कीमत पर इस्तेमाल नहीं होना चाहिए। व्यापारियों ने केंद्र सरकार और उपराज्यपाल से मांग की है कि जंतर-मंतर या कनॉट प्लेस जैसे व्यस्ततम वाणिज्यिक और रिहायशी क्षेत्रों में किसी भी प्रकार के बड़े धरने-प्रदर्शनों पर स्थायी रोक लगाई जाए और विरोध स्थलों को शहर से दूर किसी खुले मैदान या तय पेरिफेरल इलाकों में शिफ्ट किया जाए, ताकि त्योहारी सीजन में देश की आर्थिक रीढ़ माने जाने वाले व्यापारियों को ऐसे संकट से बचाया जा सके।

न्यूज़ इंडिया लाइव 10 Oct 2026 5:30 pm

Delhi Security Alert: दिल्ली में सुरक्षा का अभूतपूर्व पहरा, 40 हजार तक जवान तैनात; जंतर-मंतर जाने से रोके गए प्रदर्शनकारी, कई नेता हिरासत में

Delhi Security Alert: दिल्ली में सुरक्षा का अभूतपूर्व पहरा, 40 हजार तक जवान तैनात; जंतर-मंतर जाने से रोके गए प्रदर्शनकारी, कई नेता हिरासत में

समाचार नामा 10 Oct 2026 5:28 pm

आईओए ने चुनाव प्रक्रिया शुरू की, ‘पूर्व चुनाव आयुक्त’ रिटर्निंग ऑफिसर नियुक्त

New Delhi, 10 अक्टूबर . इंडियन ओलंपिक एसोसिएशन (आईओए) ने नेशनल स्पोर्ट्स गवर्नेंस एक्ट, 2025 के तहत अपनी 2026 की चुनाव प्रक्रिया शुरू कर दी है. एथलीट्स कमीशन के चुनाव 3 नवंबर को और एग्जीक्यूटिव काउंसिल के चुनाव 5 दिसंबर को होने हैं. आईओए ने दिल्ली और चंडीगढ़ के पूर्व चुनाव आयुक्त संजय कुमार श्रीवास्तव ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 5:28 pm

Delhi Protest 10 Photos-VIDEOs:

Delhi CJP Protest Photos:

वन इंडिया 10 Oct 2026 5:24 pm

झांसी में 'आप' जिलाध्यक्ष समेत कई नेता फिर हाउस अरेस्ट:दिल्ली जाने के लिए पार्टी कार्यालय में बना रहे थे योजना, पुलिस को लग गई भनक

झांसी से शनिवार को पुलिस ने आम आदमी पार्टी के नेताओं को दिनभर हाउस अरेस्ट रखा। पार्टी कार्यालय में एकत्र होकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन में शामिल होने जाने की तैयारी कर रहे जिलाध्यक्ष अरशद खान समेत करीब एक दर्जन नेताओं और कार्यकर्ताओं को पुलिस ने हाउस अरेस्ट कर लिया। नेताओं को दिनभर नजरबंद रखा गया। आप नेताओं का आरोप है कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन को रोकने के लिए पुलिस कार्रवाई कर रही है। कार्यालय में जुटे थे नेता, पुलिस ने पहुंचकर रोकाआम आदमी पार्टी के नेता मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन में शामिल होने के लिए दिल्ली जाने की तैयारी कर रहे थे। शनिवार सुबह पार्टी कार्यालय में नेता और कार्यकर्ता एकत्र हुए थे। इसी बीच पुलिस को इसकी भनक लग गई। महिला एवं पुरुष पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर नेताओं को डिटेन कर लिया। लगातार दूसरे दिन पुलिस और आप नेताओं के बीच खींचतान देखने को मिली। डिटेन किए गए नेताओं में जिलाध्यक्ष अरशद खान, प्रांतीय उपाध्यक्ष अर्चना गुप्ता, प्रांतीय सचिव पुत्तू सिंह कुशवाहा, एससी प्रकोष्ठ की जिलाध्यक्ष एडवोकेट नीलम चौधरी और तिरंगा शाखा के राजकुमार राव समेत करीब एक दर्जन कार्यकर्ता शामिल रहे। बोले- वोट चोरी के आरोपों का जवाब देना पड़ेगाआप नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ उठ रही आवाज को दबाने का प्रयास कर रही है। उनका कहना था कि देशभर में चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किए जा रहे हैं। नेताओं ने आरोप लगाया कि मतदाता सूची से भाजपा विरोधी मतदाताओं के नाम सुनियोजित तरीके से हटाए गए और फर्जी मतदाताओं के नाम जोड़े गए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह चाहे जितनी ताकत लगा लें, वोट चोरी के आरोपों का जवाब देना पड़ेगा। नेताओं के मुताबिक, जनता अब मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों को समझ चुकी है। विरोध की आवाज दबाने से जनआक्रोश और बढ़ेगा। बोले- लोकतंत्र की हत्या के खिलाफ जारी रहेगा आंदोलन आप नेताओं ने कहा कि दिल्ली में आम आदमी पार्टी और सीजेपी समेत विभिन्न दलों के नेताओं को हिरासत में लिए जाने की सूचना मिली है। उन्होंने आरोप लगाया कि लोकतंत्र से जुड़े मुद्दों पर आवाज उठाने वालों को रोकने का प्रयास किया जा रहा है।नेताओं ने कहा कि मतदाता सूची और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली का मुद्दा अब देशव्यापी हो चुका है। कथित वोट चोरी के खिलाफ उनका विरोध तब तक जारी रहेगा, जब तक इसके लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती।

दैनिक भास्कर 10 Oct 2026 5:21 pm

दिल्ली में कूलिंग जोन की तर्ज पर बनेंगे 'हीटिंग जोन', सर्दी से बचाव के साथ प्रदूषण पर भी लगेगी लगाम

दिल्ली में सर्दियों में कचरा, कोयला और लकड़ी जलाने से होने वाले वायु प्रदूषण को रोकने के लिए 'हीटिंग जोन' बनाए जाएंगे। यह पहल लोगों को ठंड से बचने के लिए सुरक्षित गर्माहट प्रदान करेगी।

जागरण 10 Oct 2026 5:20 pm

बहन के बच्चा नहीं होने पर चुराया था नवजात:नोएडा से स्कूटी पर दिल्ली लेकर गए, आठ घंटे में पुलिस ने पकड़ा

सेक्टर-110 स्थित मैटरनिटी चाइल्ड अस्पताल से तीन दिन की नवजात बच्ची चोरी करने वाली महिला ने अपनी बहन के लिए बच्चा चोरी किया था। उसकी बहन की शादी नौ साल पहले हुई थी, लेकिन अब तक कोई संतान नहीं हुई थी। बच्चा नहीं होने के कारण लोग तरह-तरह के ताने देते थे। इसी से परेशान होकर महिला ने बहन को बच्चा देने के लिए चोरी की साजिश रची। पुलिस ने आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है। स्कूटी से चोरी कर हुए थे फरारएसीपी दीक्षा सिंह ने बताया कि वारदात को अंजाम देने के लिए महिला ने करीब नौ दिन पहले ही भंगेल में किराये पर कमरा लिया था। पुलिस ने शुक्रवार रात दिल्ली से नवजात को सकुशल बरामद कर लिया था। बच्ची के घर पहुंचने पर परिजनों ने खुशी मनाई। आरोपी महिला की पहचान बागपत निवासी उपासना के रूप में हुई है। वह दिल्ली के करावल नगर निवासी अपने भाई कपिल की स्कूटी से नवजात को लेकर गई थी। सरकारी मदद दिलाने का दिया था भरोसाशुक्रवार सुबह करीब आठ बजे गौतम पत्नी के साथ चिकित्सक के पास गए थे। इस दौरान बच्ची उनकी सास रक्षा देवी के पास थी। रक्षा देवी सामान समेट रही थी। इसी बीच बच्ची को संभालने के बहाने मौजूद महिला उसे लेकर चली गई। सपना के मुताबिक, संदिग्ध महिला ने सरकारी मदद दिलाने के नाम पर परिवार का भरोसा जीता था। उसने कहा था कि बेटी पैदा होने पर सरकार की ओर से ढाई हजार रुपये मिलेंगे। इसके लिए कुछ कागजी कार्रवाई करनी होगी और बच्ची को साथ लेकर जाना पड़ेगा। इसी बहाने उसने परिवार के लोगों का विश्वास हासिल किया और बच्ची को लेकर चली गई। दो टीम लगाई गई कुछ देर बाद बच्ची नहीं मिली तो परिजनों ने अस्पताल में तलाश शुरू की। काफी खोजबीन के बाद भी कोई सुराग नहीं मिलने पर हंगामा हुआ। सूचना पर अस्पताल के अधिकारी और स्वास्थ्यकर्मी पहुंचे। इसके बाद फेज-दो थाना पुलिस को जानकारी दी गई। पुलिस ने तत्काल दो टीमें बच्ची की तलाश में लगाईं, जबकि दूसरी टीम ने अस्पताल और आसपास के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। फुटेज से मिले सुराग के आधार पर पुलिस दिल्ली पहुंची और बच्ची को सकुशल बरामद कर लिया। वारदात के करीब आठ घंटे के भीतर पुलिस ने मामले का खुलासा कर दिया। दंपति की पहली संतान है नवजातशुरुआत में आरोपी महिला ने पुलिस को बताया कि वह बच्ची को रुपये देकर लाई थी, जबकि परिजनों ने इससे इनकार किया। गौतम की पहली शादी वर्ष 2018 में हुई थी, जबकि दिसंबर 2024 में उन्होंने सपना से दूसरी शादी की थी। नवजात सपना की पहली संतान है। बच्ची के सुरक्षित घर लौटने पर परिवार ने राहत की सांस ली और पुलिस का आभार जताया।

दैनिक भास्कर 10 Oct 2026 5:17 pm

दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी का प्रदर्शन कैसा रहा? ये चंद तस्वीरें बता देंगी पूरा हाल

कॉकरोच जनता पार्टी के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के ऐलान के बाद दिल्ली में सुरक्षा बढ़ा दी गई थी। पुलिस ने कई इलाकों में बैरिकेडिंग की और पार्टी संस्थापक अभिजीत दिपके समेत तमाम प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया।

खबर इंडिया टीवी 10 Oct 2026 5:15 pm

दिल्ली में ट्रेन-मेट्रो के बंद होने पर दीपक बैज ने उठाए सवाल, बोले- देश में इमरजेंसी जैसे हालात

रायपुर, 10 अक्टूबर . छत्तीसगढ़ कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने सीजेपी के विरोध-प्रदर्शन के बीच दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था और यातायात पर लगी पाबंदियों को लेकर केंद्र Government की आलोचना की है. उन्होंने दावा किया कि दिल्ली की ओर जाने वाली ढाई सौ से अधिक ट्रेनें रद्द की गई हैं और कई मेट्रो स्टेशन बंद ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 5:08 pm

CJP के दिल्ली प्रदर्शन को लेकर पटना में सुरक्षा कड़ी,NDA नेताओं ने पाबंदियों का किया बचाव

कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के नेतृत्व में दिल्ली में प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए पटना में भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। सीजेपी मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रही है। पार्टी का आरोप है कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की प्रक्रिया में अनियमितताएं हुई हैं।

खास खबर 10 Oct 2026 5:06 pm

Delhi: वाम दलों के कार्यकर्ताओं के प्रदर्शन के दौरान हंगामा, जीपीओ के पास पुलिसकर्मी घायल

10 अक्टूबर, शनिवार: दिल्ली में वाम दलों के कार्यकर्ताओं के प्रदर्शन के दौरान जीपीओ के पास हंगामा हुआ, जिसमें एक पुलिसकर्मी घायल हो गया।

लाइव हिन्दुस्तान 10 Oct 2026 5:06 pm

दिल्ली कूच में लाठीचार्ज-निजीकरण के विरोध में किसान करेंगे प्रदर्शन:सिरसा मार्केट कमेटी का 14 को घेराव, सरकार नहीं मानी तो आंदोलन की चेतावनी

दिल्ली में छात्रों के आंदोलन को कुचलने के लिए किए गए लाठीचार्ज एवं गिरफ्तारियों और बिजली के निजीकरण का किसानों ने कड़ा विरोध किया है। इसके विरोध में किसानों ने एकजुट होकर 14 अक्टूबर को सभी मार्केट कमेटी कार्यालयों पर तालाबंदी करते हुए 3 घंटे के विरोध प्रदर्शन करेंगे। और फिर भी सरकार नहीं मानती तो बड़े आंदोलन का ऐलान किया जाएगा। किसान नेताओं ने बताया कि आज शनिवार को नरवाना किसान रेस्ट हाउस में हरियाणा किसान मजदूर संघर्ष मोर्चा और संयुक्त किसान मोर्चा से किसान एकजुट हुए, जिसमें सिरसा, हिसार व फतेहाबाद, जींद के किसान नेता शामिल हुए। सिरसा में मार्केट कमेटी का घेराव कर प्रदर्शन किया जाएगा। इसकी शुरुआत करते हुए मंडियों में फसल खरीद में किसानों की हो रही लूट, एमएसपी से नीचे बिक रही फसलों, खरीद में लगाई गई किसान विरोधी शर्तों जिसमें धान और बाजरे पर प्रति एकड़ पर खरीद लिमिट, जिलों की शर्त, पोर्टल के नाम किसानों को तंग करने की योजना, अवैध कट का विरोध किया गया। भाजपा पंजाब में एमएसपी के नाम पर वोट मांग रहीदोनों मोर्चों ने सरकार पर आरोप लगाया है कि सरकार किसानों को लूटने में शामिल है। कहीं भी किसान की धान की फसल, बाजरे की फसल 2461 रुपए और 2900 रुपए क्रमशः प्रति क्विंटल से नीचे बिक रही है, किसानों की इस लूट का जिम्मेदार कौन है। भाजपा पंजाब में तो एमएसपी के नाम पर वोट मांग रही है। यहां किसानों को लुटवा रही है। किसान अपनी आपत्ति दर्ज कराए दोनों मोर्चों ने तय किया है कि सरकार की इस लूट के खिलाफ 14 अक्टूबर को सभी जिलों में सभी मार्केट कमेटी कार्यालयों पर 3 घंटे के लिए तालाबंदी करते हुए विरोध दर्ज करवाया जाएगा। फिर भी सरकार सुनवाई नहीं करेगी तो 14 अक्टूबर के बाद बड़े निर्णय का ऐलान किया जाएगा। संगठनों ने किसानों से अपील की है, जहां कहीं भी फसल तय एमएसपी से नीचे बिक रही है वो सामने आकर विरोध दर्ज करवाएं। दो जिलों में बिजली का निजीकरण दोनों मोर्चों ने शनिवार को बैठक में दिल्ली प्रदर्शन करने जा रहे छात्र युवाओं की की गई गिरफ्तारियों का कड़ा विरोध करता हुए सभी गिरफ्तारों को रिहा करने की मांग की है अन्यथा किसान मोर्चे भी इस आंदोलन में शामिल हो सरकार का विरोध करेंगे। बिजली का निजीकरण करते हुए दो जिलों गुरुग्राम और नूंह में बिजली वितरण के लाइसेंस प्राइवेट कंपनियों को देने का विरोध किया है।

दैनिक भास्कर 10 Oct 2026 5:04 pm

Laxmi Nagar में Delhi Police ने BJP महिला मोर्चा को रोका, Congress सांसद के खिलाफ था मार्च

दिल्ली पुलिस ने शनिवार को बीजेपी महिला मोर्चा की कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया और उन्हें शकरपुर पुलिस स्टेशन ले गई। ये कार्यकर्ता महिला छात्रों के यौन उत्पीड़न के आरोपों को लेकर कांग्रेस सांसद अंगोमचा बिमोल अकोइजम और जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी के एक प्रोफेसर को पार्टी से निकालने और उनकी गिरफ्तारी की मांग करते हुए लक्ष्मी नगर मेट्रो स्टेशन से कांग्रेस मुख्यालय की ओर मार्च कर रही थीं। इस विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व बीजेपी महिला मोर्चा की राष्ट्रीय सचिव और राज्यसभा सांसद संगीता यादव और दिल्ली बीजेपी की महासचिव योगिता सिंह ने किया। इसमें राज्य उपाध्यक्ष सारिका जैन, महिला मोर्चा की अध्यक्ष अर्चना गुप्ता और प्रभारी आरती मेहरा समेत अन्य नेता भी शामिल हुईं। पूर्वी दिल्ली में लक्ष्मी नगर मेट्रो स्टेशन के पास महिला मोर्चा की बड़ी संख्या में कार्यकर्ता इकट्ठा हुईं और दीन दयाल उपाध्याय मार्ग पर कांग्रेस मुख्यालय की ओर मार्च करने से पहले नारे लगाए। थोड़ी दूर चलने के बाद ही पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया। इसे भी पढ़ें: CEC Gyanesh Kumar पर Akhilesh Yadav हमलावर, कहा- जनता को रोकना BJP की बड़ी भूल होगी प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए संगीता यादव ने अकोइजम को तुरंत हटाने और गिरफ्तार करने की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस महिला छात्रों के यौन उत्पीड़न के आरोपी नेता को बचा रही है। यादव ने कहा बहनों, आज हम यहां एक बेटी की गरिमा की रक्षा के लिए खड़े हैं। JNU जैसे प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थान में, एक व्यक्ति जो प्रोफेसर होने की आड़ में महिला छात्रों के यौन उत्पीड़न का आरोपी है और जो कांग्रेस का सांसद भी है - अंगोमचा बिमोल अकोइजम - वह खुलेआम घूम रहा है। उन्होंने आगे कहा कि बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' का नारा तभी सार्थक होगा जब जिम्मेदार लोगों को सजा मिलेगी। योगिता सिंह ने कांग्रेस पर अपने सांसद के खिलाफ लगे आरोपों पर कार्रवाई न करने का आरोप लगाया और पार्टी से जवाब मांगा। उन्होंने कहा मौजूदा सांसद पर JNU में महिला छात्रों के यौन उत्पीड़न का आरोप है और कांग्रेस उसे बचा रही है। पार्टी को शर्म आनी चाहिए। सिंह ने आगे कहा, हम न्याय चाहते हैं, समझौता नहीं। उन्होंने चेतावनी दी कि महिला मोर्चा अपना विरोध जारी रखेगा।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 5:01 pm

दिल्ली में CEC के इस्तीफे को लेकर प्रदर्शन, पत्थरबाजी में दो पुलिसकर्मी घायल

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर भारी प्रदर्शन देखा गया. प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस ने कड़े सुरक्षा इंतजाम किए और कई लोगों को हिरासत में ले लिया. इस बीच संसद के पास स्थित पीटीआई दफ्तर के करीब पुलिसकर्मियों पर पथराव की घटना सामने आई, जिसमें दो पुलिसकर्मी मामूली रूप से घायल हो गए. दिल्ली पुलिस ने इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी है और बीएनएस की धारा 163 लागू कर दी है.

आज तक 10 Oct 2026 5:00 pm

अराजकता से नहीं Parliament से चलेगा देश, दिल्ली में CJP प्रदर्शन पर भड़की BJP

भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सांसद रविशंकर प्रसाद ने शनिवार को दिल्ली में हो रहे विरोध प्रदर्शनों को लेकर विपक्ष पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि भारतीय लोकतंत्र ने अराजकता फैलाने की कोशिशों को नाकाम कर दिया है और ज़ोर देकर कहा कि देश का शासन संसद से चलेगा, न कि सड़कों से। असम, नंदीग्राम और पुडुचेरी में BJP की चुनावी जीत का ज़िक्र करते हुए प्रसाद ने कहा कि पार्टी का यह प्रदर्शन दिल्ली और देश के अन्य हिस्सों में हो रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच हुआ है। उन्होंने कहा, आज और पिछले तीन दिनों की घटनाओं से दो बातें साफ़ हो गई हैं। पहली, भारतीय लोकतंत्र ने अराजकता फैलाने की कोशिशों को नाकाम कर दिया है। दूसरी, देश का शासन संसद से चलेगा, न कि सड़कों से। कल नतीजे आए: बीजेपी असम और नंदीग्राम में जीती। बीजेपी पुडुचेरी में भी जीती। बीजेपी सांसद ने कहा ये सभी चुनाव तब हुए जब पिछले कुछ दिनों से दिल्ली में यह सारी गड़बड़ चल रही थी। इसे भी पढ़ें: CJP के Jantar Mantar प्रदर्शन पर भड़की BJP, Sambit Patra बोले- राजधानी को बंधक बनाने की साजिश हुई फ्लॉप विपक्ष पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा हम विरोध-प्रदर्शन के खिलाफ नहीं हैं, लेकिन चुनावी हार की वजह से आपने सड़क पर होने वाले विरोध-प्रदर्शनों को हथियार बना लिया है। इससे पहले, शनिवार को बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता और सांसद संबित पात्रा ने कहा कि जंतर-मंतर पर हो रहा विरोध-प्रदर्शन पूरे देश के हालात को नहीं दिखाता; उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि भारत अच्छे शासन के तहत आगे बढ़ रहा है। पात्रा ने आरोप लगाया कि कुछ अराजकतावादी ताकतें पिछले कुछ दिनों से राजधानी में अशांति फैलाने की कोशिश कर रही थीं, लेकिन शनिवार को उनकी कोशिशें नाकाम रहीं। उन्होंने कहा जंतर-मंतर की कहानी भारत की कहानी नहीं है। जंतर-मंतर पर जो हो रहा है, जो आप टीवी और कुछ सोशल मीडिया हैंडल पर देख सकते हैं, वह भारत की कहानी नहीं है। भारत शांत है और अच्छे शासन के तहत आगे बढ़ रहा है। हम देख रहे हैं कि कुछ अराजकतावादी ताकतें पिछले कुछ दिनों से दिल्ली के एक कोने में अराजकता फैला रही हैं। लेकिन आज अराजकतावादी नाकाम हो गए हैं। इस बीच, दिल्ली पुलिस के सूत्रों ने बताया कि शनिवार को अब तक राजधानी में लगभग 1,000 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया है। ये लोग मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के नेतृत्व में हो रहे विरोध-प्रदर्शन के लिए जंतर-मंतर की ओर मार्च करने की कोशिश कर रहे थे। इसे भी पढ़ें: CJP के Jantar Mantar प्रदर्शन पर भड़की BJP, Sambit Patra बोले- राजधानी को बंधक बनाने की साजिश हुई फ्लॉप दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को यह बताने के बाद कि उन्हें इकट्ठा होने की इजाज़त नहीं दी गई है, उन्हें एहतियातन हिरासत में लेना जारी रखा। विरोध प्रदर्शन में शामिल होने के लिए मुंबई से दिल्ली आए CJP एक्टिविस्ट अभिजीत दिपके ने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो पोस्ट किया। उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली एयरपोर्ट पर फ़्लाइट से उतरते ही पुलिसकर्मियों ने उन्हें और उनके साथियों को हिरासत में ले लिया।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 4:57 pm

CJP Jantar Mantar Protest: Neha Bora को भी उठा ले गई दिल्ली पुलिस | Abhijeet Dipke | Dhruv Rathee

दिल्ली में CJP के प्रदर्शन को लेकर बवाल बढ़ता जा रहा है। जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की अनुमति नहीं मिलने के बावजूद विरोध की आवाज तेज होती दिखाई दी। CJP के कई नेताओं को हिरासत में लिए जाने के बाद AISA की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा भी प्रदर्शन में उतर आईं

लाइव हिन्दुस्तान 10 Oct 2026 4:54 pm

CEC Gyanesh Kumar पर Akhilesh Yadav हमलावर, कहा- जनता को रोकना BJP की बड़ी भूल होगी

समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने शनिवार को दिल्ली के जंतर-मंतर पर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ हो रहे विरोध प्रदर्शन का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि एक संवैधानिक संस्था होने के नाते उन्हें निष्पक्ष फैसले लेने चाहिए और देश के लोकतांत्रिक ढांचे में अपनी विश्वसनीयता बनाए रखनी चाहिए। उन्होंने ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की भी मांग की। यह विरोध प्रदर्शन मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ है, जिनके कामकाज पर सवाल उठे हैं। सिर्फ़ CJP ने ही आपत्ति नहीं जताई है; देश भर की राजनीतिक पार्टियों ने समय-समय पर आयोग पर सवाल उठाए हैं। एक संवैधानिक संस्था के तौर पर, निष्पक्ष फैसले लेना और लोकतांत्रिक ढांचे में अपनी विश्वसनीयता बनाए रखना उसकी ज़िम्मेदारी है। अगर चुनाव आयुक्त के कामों के पीछे कोई साज़िश या चाल है, तो उसे भारतीय जनता पार्टी रच रही है। सिर्फ़ युवा ही इसके खिलाफ नहीं हैं; सभी राजनीतिक पार्टियां इस मांग पर एकजुट हैं कि चुनाव आयुक्त को निष्पक्ष रूप से काम करना चाहिए और उन्हें इस्तीफा दे देना चाहिए। इसे भी पढ़ें: CJP की लीगल हेड पहुंचीं साकेत कोर्ट, CEC विरोध से रोकने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ FIR दर्ज करने की मांग आज उन्होंने कहा कि राजधानी में एक बड़े प्रदर्शन के दौरान लोगों के विरोध को दबाने की सरकार की कोशिशें, सरकार की ही एक और बड़ी गलती साबित होंगी। एक्स पर एक पोस्ट में यादव ने कहा कि केंद्र सरकार की तमाम रुकावटों के बावजूद आज दिल्ली में युवा एकजुट होंगे। उन्होंने कहा कि यह किसी की रुकावट से नहीं रुकेगा। अब देश दिल्ली में एकजुट होगा! हम देश के युवाओं की ऊर्जा के साथ खड़े हैं। अगर बीजेपी सरकार को लगता है कि वह सत्ता के दम पर लोगों को रोक सकती है, तो यह उसकी और भी बड़ी गलती साबित होगी। जंतर-मंतर अब सिर्फ़ एक जगह का नाम नहीं रह गया है; यह एक नई चेतना और जागृति का प्रतीक बन गया है। अगर सरकार प्रदर्शनकारियों को रोकती है, तो देश भर में हर जगह जंतर-मंतर बन जाएंगे। इसे भी पढ़ें: MK Stalin बोले, असहमति अपराध नहीं, Delhi में प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई बंद करे केंद्र इस बीच, दिल्ली पुलिस के सूत्रों ने बताया कि शनिवार को राष्ट्रीय राजधानी में लगभग 1,000 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया। ये लोग मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेंद्र कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के नेतृत्व में जंतर-मंतर की ओर मार्च करने की कोशिश कर रहे थे।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 4:54 pm

सीजेपी के दिल्ली प्रदर्शन को लेकर पटना में सुरक्षा कड़ी, एनडीए नेताओं ने पाबंदियों का किया बचाव

Patna, 10 अक्टूबर . कॉक्रोच जनता पार्टी (सीजेपी) के नेतृत्व में दिल्ली में प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए Patna में भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है. सीजेपी मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रही है. पार्टी का आरोप है कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की प्रक्रिया ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 4:53 pm

विकेट में गेंदबाजों के लिए मदद होनी चाहिए, वरना बॉलिंग मशीन ही लगा देनी चाहिए : युजवेंद्र चहल

New Delhi, 10 अक्टूबर . रांची में Friday को वेस्टइंडीज ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए दूसरे टी20 इंटरनेशनल मुकाबले में India के खिलाफ 250 रनों का लक्ष्य सफलतापूर्वक चेज करते हुए इतिहास रचा. कैरेबियाई टीम के आसानी से लक्ष्य तक पहुंचने के बाद स्पिन गेंदबाज युजवेंद्र चहल ने टी20 क्रिकेट में बल्लेबाजों के लिए लगातार ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 4:53 pm

CPIM Leaders Detained: दिल्ली में कार्रवाई के खिलाफ केरल में सड़क पर उतरे माकपा कार्यकर्ता

तिरुवनंतपुरम, 10 अक्टू्बर मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) में कथित अनियमितताओं को लेकर प्रदर्शन के दौरान दिल्ली में पार्टी नेताओं को हिरासत में लिए जाने के बाद माकपा ने शनिवार को केरलम में विभिन्न स्थानों पर प्रदर्शन किया। केरलम विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष पिनराई विजयन, पार्टी महासचिव एम. ए. बेबी और राज्य सचिव एम. वी. गोविंदन समेत माकपा केंद्रीय समिति के नेताओं को दिल्ली पुलिस ने केरल हाउस के पास उस समय हिरासत में ले लिया, जब वे मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार और एसआईआर के विरोध में प्रदर्शन करने के लिए बाहर आए थे। पुलिस ने बताया कि कोझिकोड में बेपोर के विधायक पी. ए. मोहम्मद रियास के नेतृत्व में माकपा के सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन मार्च निकाला और केंद्र सरकार के खिलाफ नारे लगाए। सभा को संबोधित करते हुए रियास ने कहा कि दिल्ली में पार्टी नेताओं को हिरासत में लिया जाना लोकतांत्रिक मूल्यों और विरोध प्रदर्शन करने के अधिकार के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि ज्ञानेश कुमार के खिलाफ आंदोलन आने वाले दिनों में और तेज होगा। कन्नूर में माकपा के जिला सचिव के. के. रागेश ने प्रदर्शन मार्च का नेतृत्व किया, जबकि पार्टी की जिला समितियों ने राज्य के विभिन्न हिस्सों में प्रदर्शन आयोजित किए। अधिकारियों ने बताया कि पलक्कड़ में डेमोक्रेटिक यूथ फेडरेशन ऑफ इंडिया (डीवाईएफआई) के प्रदर्शन के दौरान हिंसा हुई, जिसके बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए पानी की बौछारों का इस्तेमाल किया। अधिकारियों ने कहा कि राज्यभर में आगे और प्रदर्शन मार्च निकाले जाने की आशंका के मद्देनजर पुलिस सतर्क है।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 4:53 pm

CJP के दिल्ली प्रदर्शन से पहले राजस्थान में पुलिस की कार्रवाई, वीडियो में जाने जयपुर में 24 प्रदर्शनकारी पाबंद; रींगस में वकील डिटेन

CJP के दिल्ली प्रदर्शन से पहले राजस्थान में पुलिस की कार्रवाई, वीडियो में जाने जयपुर में 24 प्रदर्शनकारी पाबंद; रींगस में वकील डिटेन

समाचार नामा 10 Oct 2026 4:52 pm

हारे हुए हताश लोग, दिल्ली की जनता को कर रहे परेशान; विपक्ष और सीजेपी के प्रदर्शन के बीच भाजपा

कॉकरोच जनता पार्टी द्वारा चल रहे प्रदर्शन के बीच भाजपा ने विपक्ष पर करारा हमला किया है। उन्होंने कहा कि यह हारे हुए हताश लोग पिछले तीन दिनों से दिल्ली की जनता को परेशान कर रहे हैं। भाजपा ने सीजेपी की आम आदमी पार्टी की प्रॉक्सी करार दिया।

लाइव हिन्दुस्तान 10 Oct 2026 4:52 pm

CJP Jantar Mantar Protest: Harsh Chikara पहुंचा Delhi| Abhijeet Dipke | Dhruv Rathee | Gyanesh Kumar

दिल्ली में CJP के प्रदर्शन को लेकर घमासान तेज हो गया है। जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की अनुमति नहीं मिलने के बावजूद प्रदर्शनकारी दिल्ली पहुंच रहे हैं। इसी बीच हर्ष चिकारा की एंट्री ने पूरे मामले को और गरमा दिया है।

लाइव हिन्दुस्तान 10 Oct 2026 4:50 pm

रेलवे को भारी पड़ी रिजर्व कोच से यात्री के सामान की चोरी, दिल्ली के कंज्यूमर कमिशन ने सुनाया 1.45 लाख रुपये हर्जाना देने का आदेश

दिल्ली राज्य उपभोक्ता आयोग ने उत्तर रेलवे को एक पैसेंजर को 1.45 लाख रुपये देने का आदेश दिया है, जिसका बैग ट्रेन के एक आरक्षित कोच से चोरी हो गया था। आयोग ने कहा कि रेलवे यह कहकर जिम्मेदारी से बच नहीं सकता कि यात्री का सामान टिकट के तहत कवर नहीं होता। कमीशन ने यह भी कहा कि रेलवे स्टाफ घुसपैठ को रोकने में नाकाम रहा और यात्री को FIR दर्ज कराने में ठीक से मदद नहीं की। उपभोक्ता आयोग ने 6 अक्टूबर, 2026 को उत्तर रेलवे की अपील खारिज कर दी और जिला आयोग के आदेश को बरकरार रखा।7 जून 2014 का है मामलादिल्ली राज्य उपभोक्ता आयोग के आदेश के मुताबिक, अजय कुमार 7 जून, 2014 को महानंदा एक्सप्रेस से दिल्ली से पटना जा रहे थे। इस दौरान दो बिना इजाजत वाले लोग उनके आरक्षित कोच में घुसे और उनका ट्रॉली बैग चुरा लिया। बैग में कथित तौर पर 1.2 लाख रुपये की ज्वेलरी, कपड़े और दूसरा सामान था। टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के मुताबिक, कुमार ने आरोप लगाया कि वह तुरंत कोच में TTE के पास गए और FIR दर्ज कराने के लिए कहा। लेकिन, FIR 23 अप्रैल, 2015 को ही दर्ज हुई। शिकायत करने वाले ने रेलवे अधिकारियों से संपर्क करना जारी रखा और बाद में पता चला कि मई 2017 में केस को अनट्रेस्ड मार्क कर दिया गया था। फिर उसने नुकसान के लिए हर्जाने की मांग करते हुए उपभोक्ता आयोग का दरवाजा खटखटाया।उत्तर रेलवे ने कहा कि सामान उसके पास बुक नहीं किया गया था और वह पैसेंजर की पर्सनल कस्टडी में था। उसने रेलवे एक्ट के सेक्शन 100 का भी हवाला दिया, जो रेलवे स्टाफ की लापरवाही साबित होने तक सामान के लिए रेलवे की जिम्मेदारी को सीमित करता है। उसने आगे कहा कि मामला चोरी से जुड़ा है और इसे क्रिमिनल लॉ के तहत निपटाया जाना चाहिए।जिला उपभोक्ता आयोग ने 16 अप्रैल, 2024 को कुमार के पक्ष में फैसला सुनाया, जिसमें उत्तर रेलवे को 7 सितंबर, 2017 से 9% सालाना ब्याज के साथ 1.2 लाख रुपये और हर्जाने के तौर पर 25,000 रुपये देने का निर्देश दिया। रेलवे ने उस आदेश को राज्य आयोग के सामने चुनौती दी।आयोग ने रेलवे को जिम्मेदार क्यों ठहराया?अध्यक्ष जस्टिस संगीता ढींगरा सहगल और मेंबर बिमला कुमारी की बेंच ने कहा कि जिला आयोग का रेलवे को लापरवाही और सेवा में कमी के लिए जिम्मेदार ठहराना सही था। बेंच ने कहा कि मुद्दा सिर्फ यह नहीं था कि यात्री ने अपना सामान अपनी कस्टडी में रखा था या नहीं। बल्कि यह था कि रेलवे ने बिना इजाजत वाले लोगों को रिजर्व्ड कोच में घुसने से रोकने के लिए सही कदम उठाए थे या नहीं। कमीशन ने कहा, जो यात्री रिजर्व्ड टिकट खरीदता है, वह अपनी निजी सुरक्षा और सामान की सुरक्षा और सिक्योरिटी का सही भरोसा पाने का हकदार है।साधना ग्रुप के राकेश गुप्ता को ईडी ने किया गिरफतार, देर रात करीब दो बजे कोर्ट में हुई पेशी

ज़ी न्यूज़ 10 Oct 2026 4:48 pm

एक लाख रुपये सैलरी तो दिल्ली-NCR में किराए पर रहें या होम लोन लेकर खरीदें घर? एक्सपर्ट से जानें फॉर्मूला और EMI का पूरा कैलकुलेशन

दिल्ली जैसे महंगे शहर में घर खरीदना मिडिल क्लास परिवारों के लिए एक बड़ा फैसला होता है। किराया का दो रूम का घर 25,000 से 30,000 रुपये प्रति महीने के रेट से मिल जाता है। लेकिन, घर खरीदने के लिए लंबी अवधि का लोन लेना पड़ता है। सवाल है कि क्या किराए के बजाय घर खरीदना फायदेमंद है?किराया देने से बेहतर है EMI भरना?एक्सपर्ट आकाश जिंदल के मुताबिक, अगर किसी व्यक्ति की इनकम स्टेबल है और वह हर महीने आसानी से होम लोन की EMI दे सकता है, तो उसे अपना घर खरीदने के बारे में सोचना चाहिए। हालांकि किराए पर रहने से EMI चुकाने का बोझ नहीं रहता है। लेकिन, घर खरीदने का फैसला सिर्फ किराए और EMI के आधार पर नहीं करना चाहिए। डाउन पेमेंट, इंटरेस्ट, प्रॉपर्टी की कीमत, मेंटेनेंस और दूसरे खर्चों को भी ध्यान में रखना ज़रूरी है।दिल्ली में प्रॉपर्टी खरीदने का क्या है फायदा?जिंदल का कहना है कि दिल्ली में प्रॉपर्टी की कीमतों में काफी बढ़ोतरी हुई है। ऐसे में घर खरीदना लंबे समय में संपत्ति बनाने का एक तरीका हो सकता है। अगर कोई व्यक्ति ₹50 लाख में घर खरीदता है और भविष्य में उसकी कीमत बढ़ती है, तो उसे फायदा होता है। हालांकि, इस बात की कोई गारंटी नहीं है कि प्रॉपर्टी की कीमत कितनी बढ़ेगी या कितने समय में बढ़ेगी। यह लोकेशन, हालत और मार्केट के ट्रेंड्स पर निर्भर करता है।50 लाख का घर खरीदने के लिए कितनी होनी चाहिए सैलरी?एक्सपर्ट्स के मुताबिक, बैंक होम लोन देते समय कई बातों पर ध्यान देते हैं, जिसमें एप्लीकेंट की महीने की सैलरी, मौजूदा कर्ज़, क्रेडिट प्रोफ़ाइल और EMI चुकाने की क्षमता शामिल है। लोन एलिजिबिलिटी आम तौर पर महीने की इनकम के आधार पर तय की जाती है। अगर किसी व्यक्ति की सैलरी ₹1 लाख प्रति माह है, तो उसे ₹50 लाख तक का होम लोन मिल सकता है। लोन की रकम बैंक की शर्तों और एप्लीकेंट की फाइनेंशियल हालत के आधार पर अलग हो सकती है। डाउन पेमेंट के अलावा, घर खरीदने के लिए रजिस्ट्रेशन, स्टाम्प ड्यूटी और दूसरे खर्चों के लिए भी पैसे अलग रखने चाहिए।यह भी पढ़ें:Fixed Deposit: इस एनबीएफसी ने एफडी पर बढ़ाया इंटरेस्ट रेट, जानिए कितना है रिवाइज्ड रेटघर खरीदने से पहले लीगल डॉक्युमेंट्स की जांच कितनी जरूरी?एक्सपर्ट्स के मुताबिक, होम लोन के लिए अप्लाई करते समय, बैंक प्रॉपर्टी के लीगल डॉक्यूमेंट्स को वेरिफाई करता है। इससे खरीदार को घर की लीगैलिटी और ओनरशिप के बारे में जानकारी मिल जाती है। हालांकि, बैंक के वेरिफिकेशन के बावजूद, खरीदार को प्रॉपर्टी के डॉक्यूमेंट्स का इंडिपेंडेंट लीगल वेरिफिकेशन भी करवाना चाहिए।(दिल्ली से शुभांगी तिवारी की रिपोर्ट)

ज़ी न्यूज़ 10 Oct 2026 4:45 pm

कॉजपा के Delhi प्रदर्शन पर यूपी सीमाओं पर कड़ी सुरक्षा, कई ट्रेनें रद्द

कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) के प्रस्तावित प्रदर्शन के मद्देनजर दिल्ली से सटे उत्तर प्रदेश के जिलों में सुरक्षा के कड़े इंतजाम और राष्ट्रीय राजधानी जाने वाली कई ट्रेनें रद्द होने के कारण लोगों को यात्रा के वैकल्पिक इंतजाम करने पड़े या अपनी यात्रा रद्द करनी पड़ी। मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी किए जाने के बीच राष्ट्रीय राजधानी से सटे नोएडा और गाजियाबाद जैसे जिलों में भी पुलिस कड़ी निगरानी रख रही है। गाजियाबाद के ‘ट्रांस हिंडन’ क्षेत्र के पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) रिजुल ने शनिवार को कहा, ‘‘दिल्ली में आज कॉजपा के प्रदर्शन के मद्देनजर एहतियात के तौर पर गाजियाबाद में विभिन्न सीमा चौकियों पर वाहनों की जांच की जा रही है।’’उन्होंने बताया कि अब तक करीब 15 से 20 लोगों को हिरासत में लिया गया है और उनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस उपायुक्त ने कहा, ‘‘दिल्ली देश की राजधानी है और वहां रहने वाले लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना हमारी साझा जिम्मेदारी है।’’उन्होंने बताया कि दिल्ली की सीमा के पास जांच अभियान का मकसद राष्ट्रीय राजधानी में प्रवेश करने की कोशिश कर रहे उपद्रवी तत्वों की पहचान करना है। उन्होंने कहा कि सीमावर्ती इलाकों में 150 से अधिक पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं और सीमा पर अन्य स्थानों में भी इसी तरह वाहनों की जांच की जा रही है। अधिकारी ने कहा, ‘‘वाहनों की जांच के दौरान हम ऐसी वस्तुओं की तलाश करते हैं, जिन्हें ले जाने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए या जिनसे सुरक्षा संबंधी खतरा पैदा हो सकता है। संदिग्ध लोगों से पूछताछ की जा रही है।’’उन्होंने बताया कि लोनी बॉर्डर, साहिबाबाद गार्डन और महाराजपुर बॉर्डर जैसे स्थानों पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। गाजियाबाद के इंदिरापुरम क्षेत्र के सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) सूर्यबली मौर्य ने शनिवार को ‘पीटीआई वीडियो’ को बताया, ‘‘हम शुक्रवार से यहां सुरक्षा जांच कर रहे हैं। हमारा ध्यान कानून-व्यवस्था बनाए रखने पर है। स्थानीय पुलिस के अलावा त्वरित प्रतिक्रिया दल (क्यूआरटी) और प्रांतीय सशस्त्र कांस्टेबुलरी (पीएसी) के जवान भी मुस्तैद हैं।’’उन्होंने कहा कि पुलिस यह सुनिश्चित कर रही है कि यातायात सुचारू बना रहे और लोगों को किसी तरह की असुविधा न हो। मौर्य ने बताया कि प्राप्त सूचनाओं के आधार पर औचक जांच भी की जा रही है। उन्होंने कहा, ‘‘इस तरह की जांच के लिए एक निर्धारित प्रक्रिया है और हम उसका पालन कर रहे हैं।’’इस बीच, गौतम बुद्ध नगर में नोएडा-दिल्ली के चिल्ला बॉर्डर पर सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। नोएडा के अपर पुलिस उपायुक्त (एडीसीपी) अभय कुमार मिश्रा ने ‘पीटीआई वीडियो’ से कहा, ‘‘जिले में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 लागू कर दी गई है। शांति बनाए रखने के लिए निगरानी की जा रही है।’’दिल्ली जाने वाली कई ट्रेनें रद्द होने से यात्रियों को भारी परेशानी हुई। इनमें वे यात्री भी शामिल हैं, जिन्होंने करीब दो महीने पहले ही टिकट बुक करा लिए थे। रेलवे ने नयी दिल्ली और हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशनों के आसपास सड़क यातायात बाधित होने की आशंका को ट्रेनें रद्द करने का कारण बताया है। हालांकि, इस फैसले को कॉजपा के प्रस्तावित प्रदर्शन से जोड़कर भी देखा जा रहा है। हिमांशु कुमार श्रीवास्तव और अभिषेक सिंह नाम के दो यात्रियों को शनिवार को दिल्ली की एक निजी कंपनी में नौकरी के लिए साक्षात्कार देना था। दोनों ने बताया कि बार-बार अनुरोध करने के बावजूद कंपनी ने उनका साक्षात्कार सोमवार तक स्थगित करने से इनकार कर दिया जिससे वे काफी परेशान थे। आखिरकार, दोनों सड़क मार्ग से दिल्ली पहुंचे। उन्होंने दिल्ली से फोन पर ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘हमें तीन बार टैक्सी बदलनी पड़ी। शुक्र है कि हम शनिवार सुबह जल्दी दिल्ली पहुंचने में कामयाब रहे।’’रेलवे बोर्ड के एक परिपत्र के अनुसार, शनिवार (नौ अक्टूबर) को अपराह्न दो बजे के बाद अपने शुरुआती स्टेशनों से रवाना होने वाली और शनिवार (10 अक्टूबर) को सुबह चार बजे से दोपहर दो बजे के बीच नयी दिल्ली या हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन पहुंचने वाली ट्रेनों को रद्द कर दिया गया था। रेलवे ने इसके लिए दोनों स्टेशनों के बीच सड़क यातायात की अप्रत्याशित स्थिति को जिम्मेदार ठहराया। उत्तर मध्य रेलवे से मिली जानकारी के अनुसार, यात्रियों को असुविधा से बचने के लिए यात्रा शुरू करने से पहले रेलवे हेल्पलाइन नंबर, राष्ट्रीय ट्रेन पूछताछ प्रणाली (एनटीईएस) ऐप या रेलवे के आधिकारिक सूचना माध्यमों से अपनी ट्रेनों की स्थिति की जांच करने की सलाह दी गई थी। उत्तर रेलवे के लखनऊ मंडल के वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक समर्थ गुप्ता ने कहा कि नयी दिल्ली और हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशनों के आसपास सड़क यातायात बुरी तरह प्रभावित होने की आशंका के कारण लखनऊ मंडल से चलने वाली कुछ ट्रेनें 10 अक्टूबर को रद्द रहेंगी। उत्तर मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी शिवम शर्मा ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि नयी दिल्ली और हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशनों के आसपास भारी भीड़ के कारण पिछले कुछ दिनों में करीब 5,000 यात्री अपनी ट्रेनें नहीं पकड़ पाए। उन्होंने कहा कि ट्रेनें रद्द करने का मकसद यात्रियों को भारी परेशानी से बचाना था। टैक्सी चालक आशु दीक्षित ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘दिल्ली जाने वाली प्रमुख ट्रेनें अचानक रद्द होने के बाद प्रभावित यात्रियों के फोन शुक्रवार से ही टैक्सी संचालकों के पास आने लगे थे।’’टैक्सियों की मांग बढ़ने के कारण कुछ निजी संचालकों ने किराया भी बढ़ा दिया। दीक्षित ने कहा, ‘‘शुरू में हमें लगा कि टैक्सियों को दिल्ली में प्रवेश नहीं करने दिया जाएगा, लेकिन बाद में पता चला कि गहन जांच के बाद वाहनों को प्रवेश की अनुमति दी जा रही है।’’कई लोगों ने बताया कि उन्हें अपनी यात्रा रद्द करनी पड़ी। सुंदरपुर निवासी अमित ने बताया कि उन्हें इलाज के लिए दिल्ली जाना था, लेकिन वाराणसी और मुगलसराय से दिल्ली जाने वाली ट्रेनें रद्द होने के कारण उन्हें अपनी यात्रा टालनी पड़ी। उन्होंने कहा, ‘‘शिवगंगा एक्सप्रेस में मेरा आरक्षण पक्का था, लेकिन ट्रेन रद्द होने के कारण मुझे अपनी यात्रा की तारीख बदलनी पड़ी।’’युवा कांग्रेस के जिलाध्यक्ष एवं अधिवक्ता विकास सिंह ट्रेन रद्द होने के बाद वाराणसी से विमान के जरिए दिल्ली पहुंचे। उन्होंने कहा, ‘‘हम खुशकिस्मत थे कि विमान का किराया वहन कर सके, लेकिन मजदूरों और छात्रों का क्या होगा?’’मथुरा के सामाजिक कार्यकर्ता दीपक शर्मा ने बताया कि ट्रेन रद्द होने के कारण शनिवार को दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन में शामिल होने की उनकी योजना पूरी नहीं हो सकी। शर्मा इससे पहले यमुना नदी में प्रदूषण की समस्या की ओर ध्यान आकर्षित करने के लिए कॉकरोच की वेशभूषा पहनकर मथुरा में चर्चा में आए थे। शर्मा ने शनिवार को ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘शुक्रवार रात मैं दिल्ली के लिए निकला था, लेकिन पुलिस ने मुझे वहां जाने से रोक दिया और मुझे आगरा-नोएडा एक्सप्रेसवे से घर लौटना पड़ा।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 4:43 pm

CJP के 'दिल्ली कूच' प्रदर्शन पर दिल्ली पुलिस का बड़ा एक्शन: राजधानी भर से 1,000 से अधिक प्रदर्शनकारी हिरासत में

मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के नेतृत्व में आयोजित प्रदर्शन में शामिल होने जा रहे करीब 1,000 लोगों को शनिवार को राष्ट्रीय राजधानी के अलग-अलग इलाकों में हिरासत में लिया गया। पुलिस ने यह जानकारी दी।

देशबन्धु 10 Oct 2026 4:41 pm

दिल्ली जंतर-मंतर जा रहे कम्युनिस्ट पार्टी के 5 डिटेन:पूनिया बोले- पुलिस बस में घुमा रही, छोड़ते ही फिर जाएंगे

जंतर-मंतर जाने की कोशिश कर रहे झुंझुनूं कम्युनिस्ट पार्टी के नेता महिपाल पूनिया समेत 5 से 7 युवकों को दिल्ली पुलिस ने डिटेन कर लिया। महिपाल पूनिया के अनुसार, वे अन्य युवकों के साथ दिल्ली पहुंचे थे, लेकिन उन्हें जंतर-मंतर जाने की अनुमति नहीं दी गई। पुलिस ने सभी को रोककर अपने कब्जे में ले लिया। महिपाल पूनिया ने बताया कि पुलिस उन्हें एक बस में बैठाकर अलग-अलग जगह घुमा रही है। उनके साथ अन्य लोग भी बस में मौजूद हैं। जंतर-मंतर जाने से रोका महिपाल पूनिया के मुताबिक, वे कम्युनिस्ट पार्टी के नेतृत्व में युवकों के साथ दिल्ली पहुंचे थे। उनका उद्देश्य जंतर-मंतर पहुंचना था, लेकिन वहां जाने से पहले ही पुलिस ने उन्हें रोक लिया। इसके बाद सभी को डिटेन कर लिया गया। महिपाल ने बताया कि उन्हें सुप्रीम कोर्ट पुलिस स्टेशन की पुलिस ने रोका है। फिलहाल वे पुलिस की निगरानी में हैं। महिपाल पूनिया ने अपनी स्थिति की जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस उन्हें बस में बैठाकर घुमा रही है। वीडियो में वे पुलिस स्टेशन और बस में बैठे नजर आ रहे हैं। उनके साथ अन्य लोग भी दिखाई दे रहे हैं। महिपाल पूनिया ने कहा कि उन्हें जब भी रिहा किया जाएगा, वे वापस जंतर-मंतर जाएंगे। वे पीछे नहीं हटेंगे।

दैनिक भास्कर 10 Oct 2026 4:40 pm

CJP Jantar Mantar Protest: Delhi Police से भिड़ गई लड़कियां | Gyanesh Kumar | Abhijeet Dipke

CJP Jantar Mantar Protest: दिल्ली के जंतर-मंतर पर CJP के प्रदर्शन के दौरान दिल्ली पुलिस और महिला प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी बहस और टकराव देखने को मिला। प्रदर्शनकारी मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और SIR के मुद्दे पर विरोध जता रहे हैं

लाइव हिन्दुस्तान 10 Oct 2026 4:28 pm

दिल्ली में प्रोटेस्ट के बीच कौन-कौन से रास्ते खुले, यहां पढ़ें ट्रैफिक अपडेट

दिल्ली में CJP के प्रदर्शन के बीच कई प्रमुख सड़कों, चौराहों और बॉर्डर पर ट्रैफिक सामान्य है. दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने एम्स से सफदरजंग मकबरे, धौला कुआं, ITO से लेकर नोएडा बॉर्डर तक कई जगहों पर यातायात की स्थिति साफ की है.

आज तक 10 Oct 2026 4:25 pm

प्रदर्शनकारियों को Delhi Police की हिरासत के बाद Indian Youth Congress ने शुरू की लीगल हेल्पलाइन

मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर मुख्य निर्वाचन आयुक्त के खिलाफ यहां प्रदर्शन कर रहे लोगों को हिरासत में लिए जाने के बीच भारतीय युवा कांग्रेस ने शनिवार को कानूनी हेल्पलाइन शुरू की। हेल्पलाइन का उद्देश्य राष्ट्रीय राजधानी में प्रदर्शन से जुड़े मामलों में हिरासत या धमकियों का सामना कर रहे लोगों की मदद करना है। कांग्रेस की युवा इकाई ने बताया कि हेल्पलाइन पर प्रदर्शन में भाग लेने को लेकर डराने-धमकाने और उत्पीड़न की शिकायतें दर्ज कराई जा सकेंगी। यह प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिए गए लोगों को कानूनी सहायता उपलब्ध कराने में भी मदद करेगी। सूत्रों के अनुसार, दिल्ली पुलिस ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) द्वारा जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन में शामिल होने जा रहे कम से कम 500 लोगों को हिरासत में लिया। प्रदर्शनकारियों को रीगल सिनेमा, मिंटो ब्रिज और आकाशवाणी भवन समेत कई इलाकों से हिरासत में लिया गया। पुलिस ने प्रदर्शन स्थल की ओर जाने वालों की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए ड्रोन भी तैनात किए। इस बीच, भारतीय युवा कांग्रेस ने आरोप लगाया कि रायसीना रोड स्थित उसके मुख्यालय को शुक्रवार से पुलिस ने घेर रखा है और अवरोधक लगाकर लोगों के परिसर में आने-जाने पर रोक लगा दी गई है। युवा कांग्रेस ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में आरोप लगाया कि अधिकारियों ने युवाओं, पत्रकारों, वकीलों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया है, जबकि लोगों को कथित तौर पर धमकाने वालों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की जा रही है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को संबोधित करते हुए युवा कांग्रेस ने कहा, ‘‘शाह साहब, यह दिल्ली है, आपका निजी पुलिस साम्राज्य नहीं। गेट खोलिए। यह डराना-धमकाना अब बंद होना चाहिए।’’युवा कांग्रेस की दिल्ली इकाई के अध्यक्ष अक्षय लाकड़ा ने भी दावा किया कि उन्हें नजरबंद किया गया है। युवा कांग्रेस के कई कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच उन्हें हिरासत में लिया गया। संगठन ने कहा कि वह प्रदर्शन में भाग लेने के कारण कार्रवाई का सामना कर रहे युवाओं को संगठनात्मक सहयोग देगा। उसने कानूनी सहायता की जरूरत वाले लोगों से हेल्पलाइन पर संपर्क करने की अपील की।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 4:23 pm

CJP Protest: पुलिस ने झोंकी पूरी ताकत, फिर भी दिल्ली में प्रदर्शन; कहां से आए हजारों लोग?

CJP Protest के बीच दिल्ली में 40 हजार से अधिक सुरक्षाकर्मियों की तैनाती, मेट्रो और इंटरनेट पर पाबंदियां तथा रात में हिरासत की कार्रवाई हुई। पुणे से दिल्ली आ रहे छात्रों को इटारसी में भी रोका गया।

देशबन्धु 10 Oct 2026 4:22 pm

सीजेपी प्रदर्शन के दौरान भाजपा नेता की बेटी यशस्वी राजे सिंह हिरासत में, दिल्ली में 40 हजार जवान तैनात

CJP Protest के बीच दिल्ली पुलिस ने बीजेपी के पूर्व विधायक विक्रम सिंह की बेटी यशस्वी राजे सिंह को हिरासत में लिया। जंतर-मंतर प्रदर्शन से पहले 40 हजार से ज्यादा सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए।

देशबन्धु 10 Oct 2026 4:21 pm

CJP के प्रदर्शन को लेकर दिल्ली में करीब 1,000 लोग हिरासत में लिए गए

मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के नेतृत्व में आयोजित प्रदर्शन में शामिल होने जा रहे करीब 1,000 लोगों को शनिवार को राष्ट्रीय राजधानी के अलग-अलग इलाकों में हिरासत में लिया गया। पुलिस ने यह जानकारी दी।

खास खबर 10 Oct 2026 4:15 pm

सीजेपी के प्रदर्शन को लेकर दिल्ली में करीब 1,000 लोग हिरासत में लिए गए

सीजेपी के प्रदर्शन को लेकर दिल्ली में करीब 1,000 लोग हिरासत में लिए गए

समाचार नामा 10 Oct 2026 4:08 pm

विरोध प्रदर्शन या दादी के अंतिम संस्कार में होंगे शामिल, अभिजीत दिपके को लेना है फैसला

New Delhi, 10 अक्टूबर . कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के संस्थापक अभिजीत दिपके पर Saturday को दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है. दिपके की दादी का निधन हो गया है. दिपके अपने साथियों के साथ जंतर-मंतर पर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर विरोध जताने के लिए पहुंच रहे थे, ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 4:03 pm

जनसभाओं के जरिए सीईसी के इस्तीफे की मांग करना सही नहीं : वेंकैया नायडू

New Delhi, 10 अक्टूबर . पूर्व उपPresident एम. वेंकैया नायडू ने Saturday को कुछ Political दलों की ओर से चुनाव आयोग की छवि खराब करने की कोशिशों पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि ऐसी हरकतें न तो देश के हित में हैं और न ही लोकतंत्र की सेहत के लिए अच्छी हैं. उनका यह बयान ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 3:58 pm

MK Stalin बोले, असहमति अपराध नहीं, Delhi में प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई बंद करे केंद्र

दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) के प्रस्तावित प्रदर्शन से पहले द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) अध्यक्ष एम. के. स्टालिन ने शनिवार को कहा कि “असहमति जताना अपराध नहीं है” और लोकतंत्र उन लोगों की आवाज दबाकर कायम नहीं रह सकता, जो उसकी रक्षा के लिए आगे आते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली में जो घटनाएं सामने आ रही हैं और शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों के खिलाफ बड़े पैमाने पर की जा रही दमनात्मक कार्रवाई उन्हें आपातकाल (1975-77) की उन दर्दनाक स्मृतियों की याद दिलाती है, जिसे उन्होंने खुद झेला था। तमिलनाडु के पूर्व मुख्यमंत्री ने एक बयान में कहा कि दिल्ली और देश के अन्य सभी हिस्सों में हिरासत में लिए गए सभी राजनीतिक नेताओं, छात्रों और युवा प्रदर्शनकारियों को तुरंत रिहा किया जाना चाहिए। उन्होंने तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) सरकार की कड़ी निंदा करते हुए आरोप लगाया कि वह भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विस्तार के रूप में काम कर रही है और प्रदर्शन कर रहे छात्रों के खिलाफ पुलिस दमन कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया, “केंद्र सरकार को शांतिपूर्ण तरीके से अपने लोकतांत्रिक अधिकार का इस्तेमाल करते हुए प्रदर्शन कर रहे युवाओं के खिलाफ कार्रवाई तुरंत बंद करनी चाहिए। असहमति जताना अपराध नहीं है और लोकतंत्र उन लोगों की आवाज दबाकर कायम नहीं रह सकता, जो उसकी रक्षा के लिए आगे आते हैं।”उन्होंने कहा कि मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा देना अनिवार्य है और इस पर कोई समझौता नहीं हो सकता। उन्होंने कहा, “उनके इस्तीफे के अलावा, निर्वाचन आयोग के संस्थागत ढांचे को जो भी नुकसान पहुंचाया गया है, उसकी भरपाई की जानी चाहिए और उसकी स्वतंत्रता तथा विश्वसनीयता बहाल की जानी चाहिए।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 3:54 pm

दिल्ली में अरविंद केजरीवाल समेत आप के कई नेता हिरासत में लिए गए

New Delhi, 10 अक्टूबर . आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल को दिल्ली में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं संजय सिंह, सौरभ भारद्वाज और दुर्गेश पाठक के साथ Police ने हिरासत में ले लिया. वहीं, पंजाब की राजधानी चंडीगढ़ में निर्वाचन आयोग के कार्यालय के बाहर मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं और वोट ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 3:53 pm

आम्रपाली ग्रुप केस में ईडी की कार्रवाई, 54.71 करोड़ की प्रॉपर्टी अटैच

New Delhi, 10 अक्टूबर . आम्रपाली ग्रुप से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग केस में Enforcement Directorate (ईडी) ने बड़ी कार्रवाई की है. Lucknow जोनल ऑफिस ने दिल्ली के महारानी बाग में 54.71 करोड़ रुपए की अचल संपत्ति को अटैच किया है. यह प्रॉपर्टी मेसर्स सुरभि एडवरटाइजिंग प्राइवेट लिमिटेड के नाम पर रजिस्टर्ड है. इसे प्रिवेंशन ऑफ ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 3:48 pm

केंद्र ने जारी किया स्पष्टीकरण, हैदराबाद हाई-स्पीड रेल के लिए नहीं मांगी जमीन

New Delhi, 10 अक्टूबर . केंद्र Government ने स्पष्टीकरण जारी करते हुए कहा कि हैदाराबाद से जुड़ी प्रस्तावित हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर को लेकर वर्तमान में अध्ययन चल रहा है और राज्य Government को जमीन अधिग्रहण से जुड़ी कोई मांग नहीं भेजी गई है. हैदराबाद-चेन्नई, हैदराबाद-Bengaluru और हैदराबाद-पुणे हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर पर चर्चा के लिए केंद्रीय ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 3:48 pm

अब दिल्ली के कनॉट प्लेस में CJP के खिलाफ प्रोटेस्ट, पुलिस के समर्थन में जमकर लगे नारे

दिल्ली में CJP के प्रदर्शन के बीच कनॉट प्लेस के पास कुछ युवा पोस्टर-बैनर लेकर विरोध जताने पहुंचे. उनके हाथों में दिल्ली पुलिस के समर्थन वाले पोस्टर थे. प्रदर्शनकारियों ने इस पूरे घटनाक्रम को लेकर कई सवाल उठाए.

आज तक 10 Oct 2026 3:47 pm

दिल्ली प्रदर्शन: 20 जुलाई का पुराना वीडियो 10 अक्टूबर का बताकर वायरल, पुलिस ने किया सतर्क

नई दिल्ली | तहलका न्यूज | स्नेहलतादिल्ली में 10 अक्टूबर को प्रस्तावित प्रदर्शन के बीच सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो को लेकर दिल्ली पुलिस ने लोगों को सतर्क रहने की अपील की है। पुलिस के मुताबिक, 20 जुलाई के पुराने प्रदर्शन के वीडियो को 10 अक्टूबर का बताकर साझा किया जा रहा था। ऐसे […]

तहलका 10 Oct 2026 3:45 pm

CM Sukhu ने Delhi में युवाओं को हिरासत में लेने पर जताई चिंता, कहा विरोध मौलिक अधिकार है

हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने शनिवार को दिल्ली में युवाओं की हिरासत पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में विरोध-प्रदर्शन करना एक मौलिक अधिकार है और सरकारों को लोगों की आवाज़ दबाने के बजाय उनकी बात सुननी चाहिए। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र और संविधान के तहत नागरिकों को मिले अधिकार लंबे संघर्षों के बाद हासिल हुए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस इस मामले को कानूनी तौर पर लड़ रही है और सोमवार को फिर से सुप्रीम कोर्ट का रुख करेगी; साथ ही उन्होंने कहा कि वह भी इस लड़ाई में शामिल होंगे। पत्रकारों से बात करते हुए सुखू ने कहा कि लोकतंत्र में वोट देने का अधिकार सबसे अहम है और अगर लोगों को लगता है कि उनसे यह अधिकार छीना जा रहा है या इसमें कोई गड़बड़ी की जा रही है, तो उनका आंदोलन शुरू करना स्वाभाविक है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में विरोध करने का अधिकार एक मुख्य साधन है। युवाओं को रामलीला मैदान में विरोध करने की इजाज़त दी जानी चाहिए थी। उनकी आवाज़ को दबाने की कोशिश करने का कोई फ़ायदा नहीं है, क्योंकि इसे कभी दबाया नहीं जा सकता। इसे भी पढ़ें: Asian Games गोल्ड मेडलिस्ट ऋतु नेगी का नाम 1 करोड़ के Cash Award से हटा, गहराया विवाद सुखू ने कहा कि सरकारों को लोगों की बात सुननी चाहिए और अगर कोई गलती हुई है तो उसे सुधारना चाहिए। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में विरोध-प्रदर्शन के दौरान इंटरनेट और अन्य सेवाओं को बंद करना और लोगों को हिरासत में लेना सही नहीं है। उन्होंने कहा कि किसी भी संघर्ष का मकसद जन-जागरूकता पैदा करना होना चाहिए और आख़िरकार, चुनाव के दौरान लोग ही निर्णायक फ़ैसला सुनाते हैं। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के संघर्ष से जुड़े एक सवाल का जवाब देते हुए सुक्खू ने कहा कि गांधी का एकमात्र मकसद संविधान की रक्षा करते हुए लोकतंत्र को मज़बूत और जीवंत बनाए रखना है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता संविधान की रक्षा के लिए लड़ रहे हैं और केंद्र सरकार को भी इस मामले पर गंभीरता से विचार करना चाहिए। इसे भी पढ़ें: Sukhvinder Sukhu के कार्यक्रमों से Virbhadra Singh की तस्वीर नदारद, Pratibha Singh भड़कीं सुक्खू ने कहा कि विरोध करने के अधिकार की रक्षा की जानी चाहिए, प्रदर्शनों के दौरान हिरासत में लेना और पाबंदियां लगाना लोकतंत्र के अनुरूप नहीं है, और इस मुद्दे को जन-आंदोलन और कानूनी कार्रवाई के ज़रिए उठाया जाता रहेगा।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 3:44 pm

खामेनेई की हत्या ‘गलती’ थी, इससे हमारा हित नहीं सधा: इजरायली नेता यायर गोलान

New Delhi, 10 अक्टूबर . इजरायल की प्रमुख विपक्षी पार्टी ‘द डेमोक्रेट्स’ के नेता यायर गोलान ने ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई की हत्या को ‘गलती’ करार दिया है. उन्होंने कहा कि इससे इजरायल के राष्ट्रीय हितों को फायदा नहीं पहुंचा. उन्होंने Prime Minister बेंजामिन नेतन्याहू पर भी गंभीर सवाल खड़े किए. social media ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 3:43 pm

गिरफ्तारी के बाद पुलिस छावनी में बदले ठिकाने: जानिए अभिजीत दीपके और उनके साथियों को कहाँ ले गई दिल्ली पुलिस, सामने आई अंदर की बात ​​​​​​​​​​​​​​

गिरफ्तारी के बाद पुलिस छावनी में बदले ठिकाने: जानिए अभिजीत दीपके और उनके साथियों को कहाँ ले गई दिल्ली पुलिस, सामने आई अंदर की बात ​​​​​​​​​​​​​​

समाचार नामा 10 Oct 2026 3:40 pm

CJP प्रोटेस्ट के बीच ममता बनर्जी के बाद अरविंद केजरीवाल भी दिल्ली पुलिस की हिरासत में, 600 से अधिक डिटेन

दिल्ली में सीजेपी के प्रदर्शन के दौरान आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल और टीएमसी की मनता बनर्जी को पुलिस ने हिरासत में ले लिया।

जागरण 10 Oct 2026 3:33 pm

‘वोट चोरी के सबूत नहीं तो क्यों राष्ट्रपति के पास गया विपक्ष’, राहुल गांधी के दावों पर भाजपा ने दिया जवाब

New Delhi, 10 अक्टूबर . भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कहा है कि President द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात के बाद Lok Sabha में नेता प्रतिपक्ष (एलओपी) राहुल गांधी का बयान एक ‘नालायक नेता’ जैसा था. भाजपा ने कहा कि राहुल गांधी को एक सामान्य प्रोटोकॉल भी समझ नहीं आता है. भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 3:33 pm

कनॉट प्लेस, मंडी हाउस, मिंटो ब्रिज... देखे दिल्ली में CJP का प्रदर्शन

दिल्ली में CJP के प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं और सख्त रुख अपनाया है. राजधानी के मध्य इलाकों जैसे कनॉट प्लेस, मिंटो ब्रिज, मंडी हाउस और जंतर-मंतर पर भारी सुरक्षा बल तैनात किया गया है. प्रदर्शनकारियों द्वारा बैरिकेड्स पार करने, नारेबाजी करने और बैनर पोस्टर दिखाने की कोशिशों के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 400 से अधिक लोगों को हिरासत में ले लिया है. हिरासत में लिए गए प्रदर्शनकारियों को छत्रसाल स्टेडियम सहित विभिन्न डिटेंशन सेंटरों में भेजा जा रहा है.

आज तक 10 Oct 2026 3:32 pm

दिपके की टेंशन, बुजुर्ग यात्री की थप्पड़ वाली बात, हंगामा और हिरासत... मुंबई टू दिल्ली फ्लाइट में मैंने क्या-क्या देखा

जैसे ही मैं अपनी सीट पर वापस गया, केबिन क्रू ने यात्रियों से अपनी सीट पर बैठने के लिए कहा. कुछ देर बाद पुलिस की एक टीम फ़्लाइट में आई. उनकी अगुवाई महिला पुलिसकर्मी कर रही थीं. जैसे ही दिपके ने उन्हें देखा, उन्होंने लाइव वीडियो शुरू कर दिया.

आज तक 10 Oct 2026 3:32 pm

Jantar Mantar Protest: दिल्ली पुलिस ने अरविंद केजरीवाल, ममता बनर्जी, वृंदा करात समेत कई नेताओं को लिया हिरासत में

मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने शनिवार, 10 अक्टूबर को राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर विरोध-प्रदर्शन का आह्वान किया है। इस बीच दिल्ली पुलिस ने अरविंद केजरीवाल, ममता बनर्जी, वृंदा करात समेत कई नेताओं को हिरासत में ले लिया है। दिल्ली पुलिस ने मुंबई से दिल्ली आए CJP फाउंडर अभिजीत दीपके, सौरव दास और आशुतोष रांका को राष्ट्रीय राजधानी में उनका प्लेन उतरते ही हिरासत में ले लिया था।CEC ज्ञानेश कुमार पर मतदाता सूची के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) की आड़ में मतदाता सूचियों में गड़बड़ी करने का आरोप लगा है। साथ ही वोटर रजिस्ट्रेशन के दस्तावेज ‘फॉर्म 6’ में बदलाव के लिए दो सहयोगी निर्वाचन आयुक्तों की आपत्ति को दरकिनार करने के आरोप भी हैं।प्रदर्शनकारियों को जंतर-मंतर पर इकट्ठा होने से रोकने के लिए दिल्ली को एक किले में बदल दिया गया है। दिल्ली पुलिस और सेंट्रल आर्म्ड पुलिस फोर्सेज (CAPF) के 40,000 से ज्यादा जवानों को तैनात किया गया है।आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने शुक्रवार को कहा था कि वह अपने परिवार के साथ 10 अक्टूबर को दिल्ली के जंतर-मंतर पर CJP के प्रदर्शन में शामिल होंगे। उन्होंने पूरे देश के लोगों से अपील की थी कि वे अधिक से अधिक संख्या में जंतर-मंतर पहुंचें। शनिवार को AAP ने आरोप लगाया कि जंतर-मंतर पर CJP के प्रदर्शन से पहले दिल्ली पुलिस ने केजरीवाल के आवास के आसपास कड़ा पहरा लगा दिया।गोपाल राय भी हिरासत मेंताजा अपडेट के मुताबिक, केजरीवाल को दिल्ली में लोधी एस्टेट के बाहर से हिरासत में लिया गया।AAP के नेता गोपाल राय,संजय सिंह, सौरभ भारद्वाज, दुर्गेश पाठक को भी हिरासत में लिया गया है। इसके अलावा दिल्ली पुलिस ने ममता बनर्जी समेत TMC के दूसरे MPs को भी हिरास​त में लिया है। मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के महासचिव एम. ए. बेबी, पार्टी की वरिष्ठ नेता वृंदा करात और कई अन्य नेताओं को भी प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया गया।जंतर-मंतर विरोध-प्रदर्शन के बीच अभिजीत दीपके की दादी का निधन, अभी हिरासत में हैं CJP फाउंडर VIDEO | Delhi: AAP National Convenor Arvind Kejriwal detained during protest against CEC Gyanesh Kumar.(Source: Third Party)(Full video available on PTI Videos - ptivideos - https://t.co/d8jp61yd2p) https://t.co/pwiC8Tup30— Press Trust of India (@PTI_News) October 10, 2026 पंजाब में मनीष सिसोदिया डिटेनन्यूज एजेंसी एएनआई के मुताबिक, शनिवार को AAP के वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया को पंजाब में कई पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ पुलिस ने हिरासत में ले लिया। सिसोदिया चंडीगढ़ में CEC ज्ञानेश कुमार के मुद्दे पर मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) के दफ्तर के बाहर विरोध प्रदर्शन कर रहे थे। इस प्रदर्शन के दौरान AAP नेता और कार्यकर्ता CEO के दफ्तर की ओर मार्च कर रहे थे, चुनाव आयोग के खिलाफ नारे लगा रहे थे और जवाबदेही की मांग कर रहे थे। जब प्रदर्शनकारियों ने सुरक्षा घेरा तोड़ने की कोशिश की तो तनाव बढ़ गया, जिसके बाद पुलिस को दखल देना पड़ा। इसके बाद सिसोदिया, हरपाल सिंह चीमा और पंजाब के प्रमुख पार्टी नेताओं समेत कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया गया।Delhi Protest: 'गिरफ्तार होने ही आया हूं...', अभिजीत दीपके हिरासत में; IGI एयरपोर्ट पर प्लेन में घुसी दिल्ली पुलिस

ज़ी न्यूज़ 10 Oct 2026 3:29 pm

Bihar : दिल्ली में प्रदर्शनकारियों की हिरासत के विरोध में CJP समर्थकों ने किया प्रदर्शन, वोट चोरी जांच की मांग

10 अक्टूबर, शनिवार: पटना में CJP समर्थकों ने दिल्ली में प्रदर्शनकारियों की हिरासत के खिलाफ प्रदर्शन किया और वोट चोरी के आरोपों की जांच की मांग की।

लाइव हिन्दुस्तान 10 Oct 2026 3:26 pm

प्रोटेस्ट के बीच सुप्रीम कोर्ट के वकीलों को दिल्ली पुलिस बस में भरकर कहां ले जा रही थी? तुरंत एक्शन में आए CJI सूर्यकांत

दिल्ली में सुप्रीम कोर्ट परिसर के पास विरोध प्रदर्शन करते समय हिरासत में लिए गए लगभग 50-60 वकीलों (जिनमें सीनियर और महिला वकील भी शामिल थे) को भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) के दखल के बाद कुछ घंटों बाद रिहा कर दिया गया। जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन से पहले दिल्ली में सुरक्षा कड़ी कर दी गई थी, और इसी दौरान ये गिरफ्तारियां हुईं। सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन (SCBA) द्वारा CJI को पत्र लिखकर हिरासत में लिए गए वकीलों के मामले में दखल की मांग करने के बाद उन्हें रिहा किया गया। इसके बाद मुख्य न्यायाधीश ने अधिकारियों से हिरासत में लिए गए वकीलों को रिहा करने को कहा। सुप्रीम कोर्ट एडवोकेट्स-ऑन-रिकॉर्ड एसोसिएशन के अध्यक्ष एडवोकेट देवव्रत ने भी पुष्टि की कि CJI ने अधिकारियों को वकीलों को रिहा करने का निर्देश दिया था। SCBA के प्रेसिडेंट प्रदीप राय ने सुबह करीब 11:30 बजे एक्स पर एक पोस्ट में यह मुद्दा उठाया और सुप्रीम कोर्ट के वकीलों को उनके चैंबर से हिरासत में लिए जाने की खबरों को बेहद परेशान करने वाला बताया। इसे भी पढ़ें: Delhi Metro बंद करने पर Supreme Court में अवमानना याचिका, गृह सचिव पक्षकार राय ने कहा कि यह मामला तुरंत CJI के ध्यान में लाया जा रहा है और उन्होंने वकीलों की तुरंत रिहाई की मांग की। राय ने कहा वकीलों को मनमाने ढंग से हिरासत में लेना और उन्हें डराना-धमकाना बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मैं वकीलों की तुरंत रिहाई की मांग करता हूं। लगभग 10 मिनट बाद, राय ने एक अपडेट पोस्ट किया कि उन्होंने नई दिल्ली के डिप्टी कमिश्नर ऑफ़ पुलिस (DCP) से भी बात की है, जिन्होंने उन्हें भरोसा दिलाया कि हिरासत में लिए गए वकीलों को तुरंत रिहा कर दिया जाएगा। राय ने एक और पोस्ट में लिखा, अभी नई दिल्ली के डिप्टी कमिश्नर ऑफ़ पुलिस से बात हुई। वे वकीलों को तुरंत रिहा कर रहे हैं। इसे भी पढ़ें: Sadhna Group चेयरमैन Rakesh Kumar Gupta मनी लॉन्ड्रिंग मामले में गिरफ्तार, अदालत ने ईडी हिरासत में भेजा इस बीच, SCBA की मानद सचिव प्रज्ञा बघेल ने CJI को पत्र लिखकर सुप्रीम कोर्ट परिसर के बाहर शांतिपूर्ण विरोध कर रहे वकीलों को हिरासत में लिए जाने के मामले में तुरंत दखल देने की मांग की। अपने पत्र में बघेल ने कहा कि कई सीनियर वकीलों और अन्य वकीलों (जिनमें महिला वकील भी शामिल हैं) को कथित तौर पर पुलिस की ज़रूरत से ज़्यादा ताक़त का इस्तेमाल करके हिरासत में लिया गया। उन्होंने कहा कि एसोसिएशन ने इस कथित कार्रवाई की निंदा करते हुए और गहरी चिंता ज़ाहिर करते हुए एक प्रस्ताव पास किया है। SCBA ने CJI से अपील की कि वे संबंधित अधिकारियों से बात करके हिरासत में लिए गए वकीलों की जगह और सुरक्षा का पता लगाएं, उन्हें कानूनी मदद मिलनी सुनिश्चित करें और उन लोगों को रिहा करवाएं जिन्हें हिरासत में लेने का कोई कानूनी आधार नहीं था।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 3:24 pm

फिल्म ‘सूर्यवंशी अग्रसेन’ का पोस्टर हुआ लॉन्च, महाराजा अग्रसेन के किरदार में नजर आएंगे करणवीर बोहरा

New Delhi, 10 अक्टूबर . Actor करणवीर बोहरा ने Saturday को आगामी फिल्म ‘सूर्यवंशी अग्रसेन’ का पोस्टर लॉन्च किया. यह फिल्म महान और परोपकारी राजा महाराजा अग्रसेन के जीवन और उनके इतिहास पर आधारित है. ट्रेलर लॉन्च के दौरान फिल्म की पूरी टीम ने के साथ बातचीत की. Actor करणवीर बोहरा ने फिल्म को लेकर ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 3:23 pm

साधना ग्रुप के राकेश गुप्ता को ईडी ने किया गिरफतार, देर रात करीब दो बजे कोर्ट में हुई पेशी

साधना टीवी और अन्य मीडिया नेटवर्क के मालिकाना अधिकार वाले साधना ग्रुप के सीएमडी राकेश गुप्ता को प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने 168 करोड़ रुपये के मनी लॉन्डरिंग मामले में आज गिरफ्तार कर लिया है। दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने राकेश गुप्ता को ईडी की 7 दिन की रिमांड में देने का आदेश दिया है। प्रवर्तन निदेशालय ने आरोपी से मनी लॉन्ड्रिंग मामले में पूछताछ और कथित हवाला लेनदेन की जांच के लिए हिरासत की मांग की थी।गुप्ता को शुक्रवार, 9 अक्टूबर, 2026 की रात 10.25 बजे दिल्ली के वसंत कुंज स्थित ईश्वर फार्म्स से गिरफ्तार किया गया था। जांच एजेंसी के मुताबिक, गिरफ्तारी के बाद गुप्ता को 10 अक्टूबर की रात करीब 2:03 बजे ड्यूटी मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया गया। इसके बाद अदालत में रिमांड आवेदन पर सुनवाई हुई। ड्यूटी मजिस्ट्रेट ने कहा कि, गुप्ता की उम्र और दिखाए गए खास कामों को देखते हुए, सात दिन के बजाय पांच दिन की ईडी कस्टडी सही है। अपने आदेश में अतिरिक्त सत्र जज सौरभ प्रताप सिंह लालेर ने कहा कि 63 वर्षीय गुप्ता को 15 अक्टूबर को शाम 4 बजे फिर से अदालत में पेश करना होगा।क्या है पूरा मामला?ईडी की जांच मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े मामले पर आधारित है। यह एफआईआर भारतीय न्याय संहिता (BNS) के बजाय भारतीय दंड संहिता (IPC) की विभिन्न धाराओं, 406, 409, 420, 468, 471, 477A और 120-B, के तहत दर्ज की गई थी। इनमें धोखाधड़ी, आपराधिक विश्वासघात, जालसाजी और आपराधिक साजिश से संबंधित आरोप शामिल हैं। जांच एजेंसी का आरोप है कि गुप्ता ने साधना ग्रुप की कंपनी साधना मीडिया प्राइवेट लिमिटेड (SMPL) को दिवालिया प्रक्रिया में पहुंचाने की साजिश रची।संबंधित लेनदारों के पास कंपनी की 99.41% हिस्सेदारी होने के बावजूद कंपनी को दिवालिया प्रक्रिया में धकेला गया। जांच अधिकारी के अनुसार, इस प्रक्रिया के कारण करीब 110.10 करोड़ रुपये का आयकर मांग का भुगतान नहीं हुआ। वहीं, आरोपी पर SMPL और Aryan TV के दोबारा बिक्री सौदों के जरिए 2.50 करोड़ से 2.82 करोड़ रुपये नकद प्राप्त करने का आरोप है। एजेंसी का दावा है कि इससे जुड़ी रकम का इस्तेमाल कनेक्टेड कंपनियों को भुगतान करने में किया गया।ईडी ने क्यों मांगी हिरासत?ईडी ने अदालत को बताया कि आरोपी से पूछताछ के दौरान कई अहम पहलुओं की जांच करनी है। इनमें कथित हवाला के जरिए भेजी गई रकम, शार्पलाइन ब्रॉडकास्ट लिमिटेड में रखे गए 2.99 करोड़ रुपये और सरोज कंस्ट्रक्शन एंड ग्राफिक्स को कथित तौर पर देय 8.98 करोड़ रुपये शामिल हैं। जांच एजेंसी के मुताबिक, आरोपी के iPhone 13 Pro और iPad Pro से मिले डेटा की जांच के साथ-साथ सह-आरोपियों के बयानों का भी विश्लेषण करना है। एजेंसी दुबई और सिडनी में टेलीकास्ट की रसीदों, क्रिप्टोकरेंसी/हवाला से जुड़े कथित लेनदेन और गोल मार्केट स्थित कार्यालय में रखे बैंक बुक व डीमैट रिकॉर्ड की जांच करना चाहती है। जांच एजेंसी ने अदालत को यह भी बताया कि गवाह आरोपी के कर्मचारी और रिश्तेदार हैं, इसलिए गवाहों को प्रभावित किए जाने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।आरोपी के वकील की दलीलआरोपी के वकील ने रिमांड का विरोध करते हुए कहा कि गिरफ्तारी दिल्ली में हुई, जबकि आरोपी को कौशांबी, गाजियाबाद स्थित कैंप कार्यालय में पेश किया गया। बचाव पक्ष ने आयकर विभाग की शिकायत नहीं होने और संबंधित कर मांग के भुगतान का भी हवाला दिया। हालांकि, अदालत ने गिरफ्तारी से जुड़े दस्तावेजों, गिरफ्तारी के आधार और अन्य रिकॉर्ड की जांच की। आदेश में कहा गया कि गिरफ्तारी के आधार लिखित रूप में दिए गए थे और आरोपी को उनकी जानकारी दी गई थी। अदालत ने यह भी दर्ज किया कि गिरफ्तारी मेमो पर दो गवाहों के हस्ताक्षर थे और आरोपी के बेटे गौरव गुप्ता को गिरफ्तारी की सूचना दी गई थी।Delhi Protest: 'गिरफ्तार होने ही आया हूं...', अभिजीत दीपके हिरासत में; IGI एयरपोर्ट पर प्लेन में घुसी दिल्ली पुलिस

ज़ी न्यूज़ 10 Oct 2026 3:21 pm

दिल्ली में CJP के प्रदर्शन पर बोली भाजपा- 'अराजक तत्वों का फ्लॉप शो', कांग्रेस पर भी निशाना

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने दिल्ली में सीजेपी के विरोध प्रदर्शन को 'फ्लॉप शो' करार दिया है। पार्टी प्रवक्ता संबित पात्रा ने कहा कि दिल्ली को बंधक बनाने, आगजनी करने और मारपीट करने की कोशिश थी, लेकिन आज भीड़तंत्र पर लोकतंत्र की जीत हुई है।

खास खबर 10 Oct 2026 3:20 pm

भारतीय शेयर बाजार अन्य क्षेत्रीय बाजारों की तुलना में कर सकता है अच्छा प्रदर्शन, कॉरपोरेट आय 17 प्रतिशत तक बढ़ने की

New Delhi, 10 अक्टूबर . भारतीय शेयर बाजार इस साल डॉलर में 15.6 प्रतिशत गिरने के बाद भी अन्य क्षेत्रीय बाजारों की तुलना में अच्छा प्रदर्शन कर सकता है. साथ ही, अगले वित्त वर्ष में कॉरपोरेट आय में 17 प्रतिशत तक की बढ़त हो सकती है. जेफरीज के इक्विटी स्ट्रैटेजी के ग्लोबल हेड क्रिस वुड ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 3:18 pm

नई दिल्ली : जंतर-मंतर जाते वक्त ममता-केजरीवाल समेत तीन पूर्व मुख्यमंत्री और 1,000 कार्यकर्ता हिरासत में

दिल्ली में जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के राष्ट्रीय प्रदर्शन को लेकर हालात बेहद तनावपूर्ण हो गए हैं। वोटर लिस्ट में गड़बड़ियों के आरोपों को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को रोकने की मांग पर अड़े प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस व प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है। आंदोलन में हिस्सा लेने जा रहे पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, त्रिपुरा के पूर्व मुख्यमंत्री माणिक सरकार और केरल के मुख्यमंत्री पी. विजयन को दिल्ली में हिरासत में लिया गया है।

खास खबर 10 Oct 2026 3:15 pm

दिल्ली में CJP प्रदर्शन पर सियासी बवाल, ममता बनर्जी और केजरीवाल हिरासत में

पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को तृणमूल कांग्रेस (TMC) के अन्य नेताओं के साथ हिरासत में ले लिया गया। आम आदमी पार्टी (AAP) के संयोजक अरविंद केजरीवाल को भी हिरासत में लिए जाने की खबर है।

देशबन्धु 10 Oct 2026 3:13 pm

दिल्ली में सियासी घमासान! ममता बनर्जी और पिनराई विजयन समेत कई नेता हिरासत में, ध्रुव राठी भी पुलिस की कार्रवाई के घेरे में

दिल्ली में सियासी घमासान! ममता बनर्जी और पिनराई विजयन समेत कई नेता हिरासत में, ध्रुव राठी भी पुलिस की कार्रवाई के घेरे में

समाचार नामा 10 Oct 2026 3:11 pm

Delhi Police Action: केजरीवाल और ममता हिरासत में, 1000 प्रोटेस्टर्स पर भी एक्शन

राष्ट्रीय राजधानी में CJP के विरोध प्रदर्शन को देखते हुए, दिल्ली पुलिस ने AAP के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और पार्टी के अन्य नेताओं - सौरभ भारद्वाज, संजय सिंह और दुर्गेश पाठक - को हिरासत में ले लिया है। दिल्ली पुलिस ने AAP नेता गोपाल राय को तब हिरासत में ले लिया, जब वे मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध-प्रदर्शन कर रहे थे और उनके इस्तीफे की मांग कर रहे थे। शनिवार को बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को राजधानी में 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के विरोध प्रदर्शन में शामिल होने की कोशिश करते समय हिरासत में ले लिया गया। इसे भी पढ़ें: CJP के Jantar Mantar प्रदर्शन पर भड़की BJP, Sambit Patra बोले- राजधानी को बंधक बनाने की साजिश हुई फ्लॉप तृणमूल कांग्रेस प्रमुख को उनकी पार्टी के कई सांसदों के साथ मध्य दिल्ली के साउथ एवेन्यू से हिरासत में लिया गया; पुलिस द्वारा रोके जाने के बाद वे वहां एक बस स्टैंड पर विरोध प्रदर्शन करने के लिए बैठ गई थीं। बनर्जी और उनकी पार्टी के पांच सांसदों - जिनमें डेरेक ओ'ब्रायन और डोला सेन भी शामिल थे - को हिरासत में लेकर पुलिस बस में ले जाया गया। विरोध प्रदर्शन के दौरान ममता बनर्जी अपने मुंह पर बैंड-एड लगाकर बैठी थीं। पुलिस बस के अंदर से एक वीडियो बयान में बनर्जी ने कहा कि सरकार हमारे साथ बुरा बर्ताव कर रही है। उन्होंने आगे कहा कि हम INDIA गठबंधन के तौर पर लोगों की आवाज़ को मज़बूत करने के लिए लड़ते रहेंगे। केरल के पूर्व मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन और CPM सांसद जॉन ब्रिटास उन लोगों में शामिल थे जिन्हें पुलिस ने हिरासत में लिया और छत्रसाल स्टेडियम के डिटेंशन सेंटर ले गई। ममता बनर्जी शुक्रवार को दिल्ली पहुंची थीं ताकि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्ष के विरोध प्रदर्शन में शामिल हो सकें। वह उस 'इंडिया' (INDIA) गठबंधन के प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा थीं जिसने शुक्रवार शाम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात कर कुमार को पद से हटाने की मांग की थी। इसे भी पढ़ें: Prabhasakshi NewsRoom: Abhijeet Dipke, Saurav Das, Ashutosh Ranka और Dhruv Rathee की खुद को Safe रखने वाली रणनीति सफल रही इस बीच, दिल्ली पुलिस के सूत्रों ने बताया कि कनॉट प्लेस इलाके में लगभग 1000 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया, जो कथित तौर पर जंतर-मंतर की ओर मार्च करने की कोशिश कर रहे थे। पुलिस ने कार्यकर्ताओं को यह बताने के बाद हिरासत में लेना जारी रखा कि प्रस्तावित प्रदर्शन के लिए अनुमति नहीं दी गई थी। पुलिस सूत्रों ने कहा कि इस एहतियाती कार्रवाई का मकसद यह सुनिश्चित करना है कि आपराधिक बैकग्राउंड वाले लोग प्रस्तावित प्रदर्शन के दौरान कानून-व्यवस्था में कोई बाधा न डालें। पुलिस उन लोगों की गतिविधियों पर भी कड़ी नज़र रख रही है जिन पर भीड़ इकट्ठा करने या दूसरों को विरोध प्रदर्शन में शामिल होने के लिए उकसाने का संदेह है। सूत्रों ने बताया कि सुरक्षा उपायों के तहत ऐसे लोगों के घरों के बाहर निगरानी बढ़ा दी गई है।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 3:10 pm

सीजेपी के धरना-प्रदर्शन से दिल्ली में 2000 करोड़ का व्यापार ठप, पेट्रोल पंपों पर भी पसरा सन्नाटा

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ सीजेपी के प्रदर्शन के कारण दिल्ली के प्रमुख बाजार बंद रहे, जिससे व्यापारियों को लगभग 2000 करोड़ रुपये का भारी नुकसान हुआ।

जागरण 10 Oct 2026 3:08 pm

आईपीएल 2027 में ‘इम्पैक्ट प्लेयर’ नियम नहीं हटाया जाना चाहिए, यह समझदारी वाला फैसला नहीं: दिनेश कार्तिक

New Delhi, 10 अक्टूबर . रॉयल चैलेंजर्स Bengaluru (आरसीबी) के बैटिंग कोच और मेंटर दिनेश कार्तिक चाहते हैं कि इम्पैक्ट प्लेयर नियम कम से कम आईपीएल 2027 तक बना रहे. उनका कहना है कि आईपीएल साइकिल के बीच में इस विवादित नियम को हटाना समझदारी भरा फैसला नहीं होगा. हालांकि, कार्तिक ने इस नियम की ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 3:08 pm

CJP प्रदर्शन और दिल्ली पुलिस की तैयारी पर दानिश का तंज

दिल्ली के जंतर-मंतर पर 10 अक्टूबर को मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ CJP के प्रस्तावित प्रदर्शन से पहले सुरक्षा कड़ी कर दी गई। इस बीच पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर दानिश कनेरिया ने दिल्ली पुलिस की तैयारियों पर तंज कसा।

आज तक 10 Oct 2026 3:08 pm

दिल्ली में प्रदर्शन के बीच रामायण के लक्ष्मण सुनील लहरी का युवाओं को संदेश, बोले- अफवाहों से बचें और अपनी अक्ल लगाएं

देश की राजधानी दिल्ली में शनिवार को राजनीतिक पारा अपने चरम पर पहुंच गया। मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और विपक्षी दलों के बड़े पैमाने पर प्रदर्शन को देखते हुए पूरी दिल्ली को छावनी में ...

वेब दुनिया 10 Oct 2026 3:06 pm

Delhi: JNU छात्राओं के यौन उत्पीड़न आरोप पर कांग्रेस सांसद के निष्कासन की मांग, BJP महिला मोर्चा ने किया प्रदर्शन

10 अक्टूबर, शनिवार: दिल्ली में BJP महिला मोर्चा ने कांग्रेस सांसद ए.बी. अकोइजम पर JNU छात्राओं के यौन उत्पीड़न के आरोपों को लेकर निष्कासन की मांग करते हुए प्रदर्शन किया।

लाइव हिन्दुस्तान 10 Oct 2026 3:03 pm

दिल्ली में ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन, 600 से ज्यादा लोग हिरासत में

मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर राजधानी दिल्ली में आज भारी राजनीतिक हलचल और प्रदर्शन देखने को मिला. जंतर-मंतर, जनपथ रोड और कनॉट प्लेस समेत दिल्ली के प्रमुख इलाकों में पुलिस और अर्धसैनिक बलों का कड़ा पहरा रहा. सुरक्षा के सख्त इंतजामों के बावजूद सैकड़ों प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतर आए और जमकर नारेबाजी करने लगे. स्थिति को नियंत्रित करने के लिए दिल्ली पुलिस ने तुरंत एक्शन लेते हुए बड़े पैमाने पर धरपकड़ शुरू की. अब तक 600 से अधिक प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया जा चुका है.

आज तक 10 Oct 2026 2:59 pm

कंगना रनौत और एनडीए नेताओं ने सीजेपी के प्रदर्शन को बताया सोची-समझी साजिश

New Delhi, 10 अक्टूबर . दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के विरोध-प्रदर्शन के आह्वान पर BJP MP और Actress कंगना रनौत, उत्तर प्रदेश Government के मंत्री संजय निषाद समेत एनडीए नेताओं ने प्रतिक्रिया दी है. एनडीए नेताओं ने सीजेपी के प्रदर्शन को सोची-समझी साजिश करार दिया है. BJP MP कंगना रनौत ने ... Read more

डेली किरण 10 Oct 2026 2:58 pm

CJP के Jantar Mantar प्रदर्शन पर भड़की BJP, Sambit Patra बोले- राजधानी को बंधक बनाने की साजिश हुई फ्लॉप

बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता संबित पात्रा ने शनिवार को दिल्ली के जंतर-मंतर पर 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के विरोध प्रदर्शन को खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि यह प्रदर्शन देश की भावना को नहीं दिखाता और आरोप लगाया कि अराजक ताकतों ने राष्ट्रीय राजधानी में अशांति फैलाने की कोशिश की थी। पात्रा ने कहा कि जंतर-मंतर की कहानी भारत की कहानी नहीं है। जंतर-मंतर पर जो हो रहा है, जो आप टीवी और कुछ सोशल मीडिया हैंडल्स पर देख सकते हैं, वह भारत की कहानी नहीं है। भारत शांत है और अच्छे शासन के तहत आगे बढ़ रहा है। इसे भी पढ़ें: Delhi CJP Protest देखकर कश्मीरी नेताओं ने जताई खुशी! उमर और महबूबा एक सुर में बोले, ''दिल्ली पहुँचा 'कश्मीर मॉडल''' उन्होंने कहा कि हम देख रहे हैं कि कुछ अराजक ताकतें पिछले कुछ दिनों से दिल्ली के एक कोने में अराजकता फैला रही हैं। लेकिन आज अराजकतावादी विफल हो गए हैं। अराजक तत्वों का फ्लॉप शो पूरी तरह से ध्वस्त हो गया है। देश की राजधानी भारत को बंधक बनाने की कोशिश की गई; ताकि यहां आगजनी हो, हिंसा हो। लेकिन आज 'लोकतंत्र' की 'भीड़तंत्र' पर जीत हुई है। विपक्ष के नेता राहुल गांधी पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि कल कुछ नेता राष्ट्रपति भवन गए थे। राष्ट्रपति भवन से बाहर आने के बाद राहुल गांधी का बयान एक 'नालायक नेता' जैसा था। उन्होंने कहा कि इससे पहले कभी राष्ट्रपति को सड़क पर हो रहे विरोध-प्रदर्शन में घसीटने की कोशिश नहीं की गई थी। लेकिन एक 'नालायक नेता' ने ऐसा करने की कोशिश की। अराजकतावादी राहुल गांधी ने भारत के राष्ट्रपति को उस अराजकता की ओर खींचने की कोशिश की, जिसे वे भारत की सड़कों पर फैलाने की पूरी कोशिश कर रहे हैं। स्टारलिंक पर विपक्ष के नेताओं के ट्वीट पर बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता और सांसद संबित पात्रा ने कहा कि यह लड़ाई मोदी बनाम मीर जाफ़र की है। ये वे लोग हैं जो सत्ता के लिए देश को भी गिरवी रख सकते हैं। सड़कों पर अराजकता फैलाने की यह कोशिश - देश को पता होना चाहिए कि वे बिना चुनाव जीते, बिना चुनाव लड़े सत्ता में आना चाहते हैं। वे बिना मेहनत किए पीएम बनना चाहते हैं, भले ही इसके लिए उन्हें देश को गिरवी रखना पड़े। मीर जाफ़र दोहरे मापदंड अपनाने को तैयार हैं। यह लड़ाई मोदी बनाम मीर जाफ़र की है। इसे भी पढ़ें: EC के खिलाफ विपक्षी प्रदर्शन बेअसर साबित होगा, Himanta Biswa Sarma ने साधा निशाना यह बयान तब आया जब जंतर-मंतर पर CJP के प्रदर्शन से पहले दिल्ली में सुरक्षा के कड़े इंतज़ाम किए गए थे। इस ग्रुप ने चुनाव आयोग द्वारा वोटर लिस्ट के 'स्पेशल इंटेंसिव रिविज़न' (SIR) को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार को हटाने की मांग करते हुए विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया था। इस विरोध-प्रदर्शन ने चुनाव आयोग की समीक्षा प्रक्रिया को फिर से राजनीतिक चर्चा के केंद्र में ला दिया है; विपक्षी नेता चुनावी प्रक्रिया पर सवाल उठा रहे हैं और चुनाव आयोग से ज़्यादा जवाबदेही की मांग कर रहे हैं।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 2:56 pm

अलीगढ़ रिंग रोड को मंजूरी, भूमि अधिग्रहण से 37 गांवों की लगी लॉटरी, दिल्ली, आगरा, मथुरा, कानपुर तक कनेक्टिविटी

अलीगढ़ के रिंग रोड के लिए 37 गांवों की जमीन का अधिग्रहण होने के लिए दिल्ली से अधिसूचना जारी हो गई है. इससे छह लेन के ग्रीनफील्ड एक्सेस कंट्रोल्ड हाईवे का संचालन किया जाएगा.

NDTV इंडिया 10 Oct 2026 2:53 pm

Shashi Tharoor ने Delhi में Internet और Metro बंदी पर केंद्र को घेरा, CJP सदस्यों की मांगी रिहाई

कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने 'स्पेशल इंटेंसिव रिविज़न' (SIR) विवाद को लेकर 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के विरोध-प्रदर्शन के मद्देनजर दिल्ली में लागू किए गए कड़े सुरक्षा इंतजामों और पाबंदियों पर केंद्र सरकार से सवाल किया। तिरुवनंतपुरम से सांसद थरूर ने राजधानी में 22,000 पुलिस और अर्धसैनिक बलों की तैनाती को युद्ध जैसी तैनाती करार दिया। उन्होंने 250 ट्रेनों के रद्द होने और मेट्रो सेवाओं के बंद किए जाने पर भी चिंता जताई। कांग्रेस नेता ने लिखा कि मैं रात 2 बजे के बाद राजधानी लौटा और मैंने शायद ही कभी ऐसा कुछ देखा हो जैसा दिल्ली में अभी हो रहा है—हर कुछ सौ मीटर पर चेकपॉइंट, सड़कों पर कंक्रीट बैरियर और स्पाइक स्ट्रिप्स, शहर भर में 22,000 पुलिस और पैरामिलिट्री जवानों की युद्ध जैसी तैनाती, 250 ट्रेनें रद्द और 45 मेट्रो स्टेशन बंद, और दिल्ली व उसके आस-पास के इलाकों में युवाओं को उनके घरों और सड़कों से हिरासत में लिए जाने की खबरें—और यह सब इसलिए ताकि नागरिक हमारे चुनावों की निष्पक्षता पर शांतिपूर्ण ढंग से सवाल न उठा सकें। इसे भी पढ़ें: EC के खिलाफ विपक्षी प्रदर्शन बेअसर साबित होगा, Himanta Biswa Sarma ने साधा निशाना शशि थरूर ने इस बात पर ज़ोर दिया कि लोगों की आवाजाही पर रोक लगी हुई है और जंतर-मंतर जाने वाली सड़कें बंद हैं। उन्होंने कहा कि सबसे ज़्यादा दमनकारी (और लोगों की आवाज़ दबाने वाला) कदम राष्ट्रीय राजधानी के बीचों-बीच इंटरनेट बंद करना है। लोगों की आवाजाही पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। जंतर-मंतर को खास तौर पर इसलिए तय किया गया था ताकि नागरिक दिल्ली के बीचों-बीच अपनी असहमति ज़ाहिर कर सकें, और आज वहाँ जाने वाली सड़कों को भी बंद कर दिया गया है। इसे भी पढ़ें: युवाओं को रोकना सरकार की बड़ी भूल साबित होगी, Delhi में सुरक्षा पर Akhilesh Yadav की BJP को चेतावनी CJP सदस्यों को हिरासत में लिए जाने पर सवाल उठाते हुए थरूर ने आगे कहा कि यह पूछना जायज़ है कि जब हमारी राजधानी में महिलाओं को सुरक्षा की ज़रूरत होती है, तब इतनी बड़ी संख्या में सुरक्षा बल और तत्परता कहाँ गायब हो जाती है? हिरासत में लिए गए लोगों को रिहा करना होगा। और अगर प्रदर्शनकारी सोमवार को फिर से लौटते हैं, तो क्या अधिकारी राष्ट्रीय राजधानी में फिर से लॉकडाउन लगा देंगे? हमारी GenZ (नई पीढ़ी) 'अघोषित इमरजेंसी' से बेहतर की हकदार है।

प्रभासाक्षी 10 Oct 2026 2:53 pm