विश्व प्रसिद्ध दशाश्वमेध घाट पर गंगा सेवा निधि द्वारा आयोजित होने वाली मां गंगा की दैनिक भव्य आरती में शनिवार को दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता अपने परिवार के साथ शामिल हुईं। लगभग 45 मिनट तक घाट पर मौजूद रहीं मुख्यमंत्री ने पूरे श्रद्धा और भक्ति भाव से मां गंगा का वैदिक रीति-रिवाजों के अनुसार पूजन-अर्चन किया। इस दौरान उनके पति मनीष गुप्ता भी उनके साथ रहे। आरती प्रारंभ होने से पहले मुख्यमंत्री ने मां गंगा का विधिवत पूजन कर दिल्लीवासियों की सुख-समृद्धि, शांति एवं खुशहाली की कामना की। उन्होंने मां गंगा से देश और समाज के कल्याण का आशीर्वाद भी मांगा। पूजन के उपरांत उन्होंने गंगा तट पर दीप प्रज्वलित कर श्रद्धा अर्पित की। वहीं गंगा नदी में नौका विहार के दौरान मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने लाइफ जैकेट नहीं पहना था। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का 19 जुलाई को जन्मदिन है। इससे एक दिन पहले वह काशी पहुंची। यहां पर उन्हों ने केक काटकर अपना जन्मदिन मनाया है। इस दौरान उनका परिवार उनके साथ रहा। 4 तस्वीरें देखिए… मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पूरी तरह भक्तिमय वातावरण में डूबी विश्व प्रसिद्ध गंगा आरती के दौरान मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पूरी तरह भक्तिमय वातावरण में डूबी नजर आईं। कभी वह हाथ जोड़कर मां गंगा का स्मरण करती दिखाई दीं तो कभी आरती की भव्यता और वैदिक मंत्रोच्चार के बीच तालियां बजाकर अपनी आस्था व्यक्त करती रहीं। घाट पर उपस्थित श्रद्धालुओं और पर्यटकों ने भी उनके आगमन का स्वागत किया। मां गंगा मेरी प्रार्थना स्वीकार करेंगंगा सेवा निधि के विज़िटर बुक में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने अपने भाव व्यक्त करते हुए लिखा, आज मां गंगा की आरती में शामिल होकर मैं अपने आप को सौभाग्यशाली मान रही हूं। मां गंगा के चरणों में श्रद्धा सुमन अर्पित करती हूं। सबके भले की कामना करती हूं। अपने राज्य के लिए भी सुख-समृद्धि की प्रार्थना करती हूं। मां गंगा मेरी प्रार्थना स्वीकार करें। गंगा सेवा निधि की ओर से मुख्यमंत्री का पारंपरिक सम्मान भी किया गया। संस्था के अध्यक्ष सुशांत मिश्रा, कोषाध्यक्ष आशीष तिवारी तथा सचिव सुरजीत सिंह और हनुमान यादव ने उन्हें अंगवस्त्र, प्रसाद एवं स्मृति-चिह्न भेंट कर स्वागत किया। नमो घाट की व्यवस्थाओं का लिया जायजाइससे पहले रेखा गुप्ता ने क्रूज पर बैठकर गंगा नदी का भ्रमण किया। इस दौरान उन्होंने लोगों का अभिवादन स्वीकार किया है। नमो घाट का भ्रमण किया। उन्होंने गंगा तट पर विकसित आधुनिक सुविधाओं, स्वच्छता व्यवस्था और घाट की भव्यता का अवलोकन किया। इस दौरान उन्होंने वहां मौजूद लोगों से बातचीत भी की और घाट के विकास कार्यों की सराहना की। नमो घाट के भ्रमण के बाद मुख्यमंत्री क्रूज के माध्यम से विश्व प्रसिद्ध गंगा आरती देखने के लिए रवाना हुईं। दशाश्वमेध घाट पर प्रतिदिन आयोजित होने वाली गंगा आरती को देखने के लिए देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक पहुंचते हैं। नौका विहार के दौरान बिना लाइफ जैकेट दिखी सीएममुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के इस दौरे को लेकर चर्चाएं भी आम हैं। गंगा नदी में नौका विहार के दौरान मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने लाइफ जैकेट नहीं पहना था। इसके साथ ही उनके साथ सेल्फी खिंचवाने और वीडियो बनवाने वाले लोगों ने भी लाइफ जैकेट का इस्तेमाल नहीं किया था, जबकि वाराणसी कमिश्नरेट पुलिस ने इसे गंगा नदी में नौका विहार के दौरान अनिवार्य किया है। गंगा नदी में बिना लाइफ जैकेट के चलने वाले नाव और सेल्फी खिंचवाने वाले लोगों के खिलाफ पुलिस ने कई बार चालान की कार्रवाई की है। इसके साथ ही कई नावों को भी सीज किया गया है। बाबा विश्वनाथ का आशीर्वाद लेने आई हूंवाराणसी पहुंचने पर मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि वह बाबा काशी विश्वनाथ का आशीर्वाद लेने आई हैं। उन्होंने कहा, मैं बाबा के धाम आई हूं। बाबा का आशीर्वाद लेने आई हूं, दिल्ली के लिए और दिल्ली के मेरे समस्त भाई-बहनों के लिए। काशी विश्वनाथ जी की इस पावन नगरी में जो भी आता है, उसे बाबा का आशीर्वाद मिलता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि वह बाबा विश्वनाथ से प्रार्थना करती हैं कि उनकी कृपा सभी देशवासियों पर बनी रहे और देश निरंतर विकास के पथ पर आगे बढ़ता रहे। देश और राज्यों की प्रगति के लिए की प्रार्थनारेखा गुप्ता ने कहा कि उनकी कामना है कि पूरे देश पर बाबा विश्वनाथ का आशीर्वाद बना रहे। उन्होंने कहा कि भारत निरंतर प्रगति करे और सभी राज्य विकास के नए आयाम स्थापित करें। मुख्यमंत्री के वाराणसी दौरे को धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व का बताया जा रहा है। उनके कार्यक्रम में काशी विश्वनाथ मंदिर दर्शन, नमो घाट भ्रमण और गंगा आरती में शामिल होना प्रमुख रहा।
जम्मू-कश्मीर की क्षेत्रीय राजनीति में इस समय एक बहुत बड़ा वैचारिक और रणनीतिक मोड़ आ गया है। केंद्र शासित प्रदेश को पूर्ण राज्य का दर्जा दिलाने की मांग को लेकर सत्ताधारी नेशनल कॉन्फ्रेंस (NC) द्वारा नई दिल्ली में आयोजित किए जाने वाले 'दिल्ली चलो' आंदोलन को पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (PDP) की प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने एक बड़ा झटका दिया है। शनिवार को आधिकारिक बयान जारी करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने स्पष्ट कर दिया है कि उनकी पार्टी इस विरोध प्रदर्शन में केवल एक ही सूरत में शामिल होगी, जब मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला इस आंदोलन के मुख्य एजेंडे में जम्मू-कश्मीर के बुनियादी मुद्दों से जुड़ी कुछ अन्य अनिवार्य और सख्त मांगों को भी शामिल करेंगे।केवल राज्य का दर्जा मांगना अवाम से विश्वासघात: महबूबा मुफ्ती ने फारुख अब्दुल्ला को खत लिख रखा अपना स्टैंडपीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने नेशनल कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष फारुख अब्दुल्ला को एक औपचारिक पत्र भेजकर अपनी शर्तों से अवगत करा दिया है। उन्होंने मीडिया से बातचीत में बेहद तल्ख लहजे में कहा कि अगर आंदोलन केवल पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल करने तक सीमित रहता है, तो इससे यह गलत संदेश जाएगा कि हम ५ अगस्त २०१९ को केंद्र सरकार द्वारा लिए गए फैसले को स्वीकार कर चुके हैं। महबूबा ने जोर देकर कहा कि प्रदेश की अवाम ने नेशनल कॉन्फ्रेंस को केवल राज्य का दर्जा वापस पाने के लिए भारी बहुमत नहीं दिया है; इसलिए एजेंडे में ऐतिहासिक आर्टिकल ३70 की बहाली, जेलों में बंद स्थानीय राजनीतिक कैदियों की बिना शर्त रिहाई और जमात-ए-इस्लामी जैसे सामाजिक-राजनीतिक संगठनों पर से प्रतिबंध हटाने की मांग को तुरंत जोड़ा जाना चाहिए।लद्दाख की तर्ज पर सर्वदलीय बैठक बुलाने की वकालत: सामूहिक नेतृत्व से ही निकलेगा कश्मीर का समाधानमहबूबा मुफ्ती ने नेशनल कॉन्फ्रेंस द्वारा बिना किसी पूर्व विमर्श के इस तरह के एकतरफा आंदोलन की घोषणा करने पर गहरी निराशा व्यक्त की है। उन्होंने सुझाव दिया कि लद्दाख के राजनीतिक नेतृत्व की तरह जम्मू-कश्मीर की सभी छोटी-बड़ी राजनीतिक पार्टियों को आपसी मतभेद भुलाकर एक मंच पर आना चाहिए। इसके लिए सबसे पहले एक व्यापक सर्वदलीय बैठक (All-Party Meeting) बुलाई जानी चाहिए, जिसमें न केवल राजनीतिक दलों के प्रमुख बल्कि नागरिक समाज (सिविल सोसाइटी) के प्रतिनिधि भी हिस्सा लें। उन्होंने कहा कि एक ईमानदार और सार्थक राजनीतिक प्रक्रिया तभी शुरू हो सकती है जब तक बुनियादी और अमानवीय परिस्थितियों को हल करने के लिए सभी नेता एक सुर में केंद्र सरकार के सामने अपनी मांगें न रखें।जंतर-मंतर पर २० मार्च को शक्ति प्रदर्शन की तैयारी: मीरवाइज को न्योते पर भड़की भाजपाज्ञात हो कि जम्मू-कश्मीर की सत्ता संभाल रहे मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने आगामी २० मार्च २०२6 को देश की राजधानी दिल्ली के ऐतिहासिक जंतर-मंतर पर एक विशाल धरने और प्रदर्शन की रूपरेखा तैयार की है। उमर अब्दुल्ला का आरोप है कि केंद्र सरकार उनके धैर्य की परीक्षा ले रही है और पूर्ण राज्य का दर्जा देने के वादे को लगातार टाल रही है। इस राष्ट्रीय आंदोलन को सफल बनाने के लिए मुख्यमंत्री ने देश के तमाम विपक्षी नेताओं के साथ-साथ कश्मीर के प्रमुख धार्मिक और अलगाववादी नेता मीरवाइज उमर फारुख को भी औपचारिक निमंत्रण भेजा है, जिसके बाद भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए उमर अब्दुल्ला पर अलगाववाद को दोबारा बढ़ावा देने का गंभीर आरोप लगाया है और इस पूरी कवायद का कड़ा विरोध किया है।
दिल्ली से सीधे ऋषिकेश तक दौड़ेगी रैपिड रेल, 5 घंटे का थकाऊ सफर अब सिर्फ 150 मिनट में होगा पूरा!
दिल्ली-एनसीआर से देवभूमि उत्तराखंड के पहाड़ों और पवित्र धार्मिक स्थलों की यात्रा करने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए एक बेहद शानदार और युगांतरकारी खबर सामने आई है। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र को हाई-स्पीड कनेक्टिविटी देने वाली देश की सबसे तेज रीजनल रेल 'नमो भारत' (Namo Bharat) अब सीधे हिमालय की तलहटी तक का सफर तय करने जा रही है। केंद्र सरकार ने दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (RRTS) कॉरिडोर को मेरठ के मोदिपुरम स्टेशन से आगे बढ़ाते हुए विश्व प्रसिद्ध आध्यात्मिक केंद्रों हरिद्वार और ऋषिकेश तक ले जाने के ऐतिहासिक प्रस्ताव को अपनी सैद्धांतिक मंजूरी दे दी है। यह लगभग १५० किलोमीटर लंबा नया एक्सटेंशन कॉरिडोर देश के सबसे बड़े पर्यटन हब को दिल्ली से जोड़कर सफर के समय को आधा कर देगा।उत्तराखंड के प्रयासों को मिली हरी झंडी: 'गंगा ग्रोथ कॉरिडोर' के लिए ग्राउंड वर्क और डीपीआर की तैयारी शुरूयह महापरियोजना उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय शहरी विकास मंत्री मनोहर लाल खट्टर के समक्ष लगातार की गई मजबूत पैरवी का परिणाम है। केंद्र सरकार से औपचारिक हरी झंडी मिलने के बाद अब उत्तराखंड सरकार, उत्तर प्रदेश सरकार और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (NCRTC) संयुक्त रूप से इस ड्रीम प्रोजेक्ट को धरातल पर उतारने में जुट गए हैं। इस पूरे रूट का व्यापक हवाई और जमीनी सर्वे करने के साथ-साथ एक विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार करने का काम युद्धस्तर पर शुरू कर दिया गया है, जिसमें स्टेशनों की संख्या, आवश्यक भूमि अधिग्रहण और जटिल इंजीनियरिंग रूट मैप को अंतिम रूप दिया जा रहा है। उत्तराखंड शासन ने इस मेगा प्रोजेक्ट के त्वरित क्रियान्वयन के लिए अतिरिक्त सचिव रीना जोशी को विशेष नोडल अधिकारी नियुक्त कर दिया है।मेरठ से लक्ष्मण झूला तक का रूट मैप: जानिए किन-किन बड़े शहरों से होकर गुजरेगी नमो भारतयह अत्याधुनिक सेमी-हाई-स्पीड रेल ट्रैक वर्तमान में संचालित हो रहे दिल्ली-मेरठ कॉरिडोर के अंतिम छोर यानी मोदिपुरम (मेरठ) से आगे विस्तार पकड़ेगा। उत्तर प्रदेश के हिस्से में यह कॉरिडोर मोदिपुरम से शुरू होकर दौराला, खतौली, मुजफ्फरनगर औद्योगिक क्षेत्र और उत्तर प्रदेश-उत्तराखंड की भौगोलिक सीमा पर स्थित पुरकाजी कस्बे से होकर गुजरेगा। इसके बाद सीमा पार करते हुए यह ट्रेन शिक्षा के बड़े केंद्र रुड़की (IIT रुड़की) और हरिद्वार में पवित्र हर की पौड़ी के करीब से गुजरती हुई सीधे ऋषिकेश में प्रतिष्ठित लक्ष्मण झूला के समीप नवनिर्मित टर्मिनल स्टेशन पर जाकर समाप्त होगी। इस विशाल नेटवर्क का सबसे अनूठा लाभ यह होगा कि हरिद्वार और ऋषिकेश के यात्री बिना किसी रुकावट के गाजियाबाद, आनंद विहार और सराय काले खान पहुंच सकेंगे, जिसे भविष्य में दिल्ली-पानीपत और जेवर एयरपोर्ट रैपिड रेल रूट से भी इंटरचेन्ज के जरिए जोड़ा जाएगा।भारी ट्रैफिक जाम से मिलेगी बड़ी राहत: १६० किमी की रफ्तार से वीकेंड टूरिज्म को मिलेगा जबरदस्त बूस्टवर्तमान समय में दिल्ली से ऋषिकेश या हरिद्वार जाने वाले मुसाफिरों को राष्ट्रीय राजमार्ग-५८ (NH-58) पर मिलने वाले भीषण ट्रैफिक जाम और जटिल मोड़ों से जूझना पड़ता है, जिससे सड़क मार्ग से यात्रा तय करने में औसतन ५ से ६ घंटे का लंबा समय बर्बाद होता है। चूंकि नमो भारत ट्रेनें १६० किलोमीटर प्रति घंटे की डिजाइन स्पीड से पटरियों पर दौड़ने की क्षमता रखती हैं, इसलिए इस डेडीकेटेड ट्रैक के चालू होने के बाद दिल्ली से ऋषिकेश की कुल दूरी महज ढाई से तीन घंटे (१५० मिनट) में आसानी से नापी जा सकेगी। इस क्रांतिकारी परिवहन प्रणाली के विकसित होने से दिल्ली-एनसीआर के कामकाजी लोग और युवा वीकेंड पर आसानी से एडवेंचर स्पोर्ट्स और आध्यात्मिक शांति के लिए ऋषिकेश आ-जा सकेंगे और सुबह जाकर शाम तक वापस अपने घर लौट सकेंगे।निवेश और फंडिंग का महायोजना: वैश्विक बैंकों की मदद से आकार लेगी कई हजार करोड़ की यह परियोजनायद्यपि सरकार ने विस्तृत सर्वे और डीपीआर पूरा होने से पहले इस बड़े प्रोजेक्ट की सटीक आधिकारिक लागत का खुलासा नहीं किया है, लेकिन बुनियादी ढांचे के विशेषज्ञों का अनुमान है कि यह एक बेहद विशाल पूंजी निवेश वाला प्रोजेक्ट होगा। संदर्भ के लिए, ८२.१५ किलोमीटर लंबे मौजूदा दिल्ली-मेरठ कॉरिडोर के निर्माण में करीब ₹३०,२७4 करोड़ का बड़ा खर्च आया था, और चूंकि यह नया ऋषिकेश एक्सटेंशन कॉरिडोर उससे लगभग दोगुना लंबा है, इसलिए इसमें भारी बजटीय आवंटन की आवश्यकता होगी। इस वित्तीय आवश्यकता को पूरा करने के लिए केंद्र और दोनों राज्य सरकारों के अंशदान के साथ-साथ एशियाई विकास बैंक (ADB) और एशियन इन्फ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट बैंक (AIIB) जैसे प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय वित्तीय संस्थानों से बड़े ऋण समझौते किए जा सकते हैं, जबकि उत्तराखंड सरकार ने कुंभ क्षेत्र के बिजली बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए ₹७५0 करोड़ की अतिरिक्त केंद्रीय सहायता मांगी है।केवल तीर्थयात्रा नहीं बल्कि व्यापारिक क्रांति: रियल एस्टेट, वेयरहाउसिंग और महाकुंभ २०२७ के लिए गेम चेंजरआर्थिक जगत के विश्लेषकों और लोहिया वर्ल्डस्पेस के प्रबंध निदेशक पीयूष लोहिया का स्पष्ट मानना है कि इस कॉरिडोर के आने से पश्चिमी उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड की पूरी व्यावसायिक तस्वीर बदल जाएगी। इस कॉरिडोर के चालू होने से मुजफ्फरनगर के वेयरहाउसिंग सेक्टर और रुड़की के छात्र-आवास (हॉस्टल्स) व रियल एस्टेट मार्केट में जबरदस्त तेजी देखी जाएगी, साथ ही मुरादाबाद के पीतल उद्योग के निर्यातकों को भी हाईवे पर जाम कम होने से माल को दिल्ली भेजने में बड़ी लॉजिस्टिक्स राहत मिलेगी। दिल्ली-एनसीआर के बड़े निवेशकों द्वारा हरिद्वार और ऋषिकेश में हॉलिडे होम्स, लग्जरी विला और सर्विस अपार्टमेंट्स में भारी निवेश करने की उम्मीद है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि साल २०२७ में आयोजित होने वाले भव्य महाकुंभ और वार्षिक चारधाम यात्रा के दौरान जब उत्तराखंड के मार्ग वाहनों के अत्यधिक दबाव से हांफने लगते हैं, तब यह हाई-स्पीड रैपिड रेल प्रणाली राज्य के संपूर्ण ट्रैफिक मैनेजमेंट और पर्यटन अर्थव्यवस्था के लिए एक अचूक सुरक्षा कवच साबित होगी।
करनाल जिले में जीटी रोड पर गांव बुटाना के पास शुक्रवार-शनिवार की रात एक युवक से लूटपाट की वारदात सामने आई है। दिल्ली का एक युवक अपने दोस्त के साथ चंडीगढ़ से लौट रहा था, तभी रास्ते में 3-4 बदमाशों ने उसकी स्कूटी और मोबाइल फोन छीन लिया। वारदात के दौरान युवक को चोटें भी आई हैं, जबकि उसका दोस्त मौके से लापता बताया जा रहा है। शिकायत के आधार पर बुटाना थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस को दी शिकायत में दिल्ली निवासी गौरव ने बताया कि, वह 17 जुलाई की रात करीब 8 बजे चंडीगढ़ से अपनी ससुराल से चला था। उसके साथ उसका दोस्त वीरु भी था। दोनों ने चंडीगढ़ में शराब का सेवन किया और स्कूटी पर दिल्ली के लिए निकल पड़े। गौरव के अनुसार, 18 जुलाई की सुबह करीब 4:30 बजे जब वे जीटी रोड पर गांव बुटाना पार कर रहे थे, तभी उसके दोस्त वीरु ने पेशाब के लिए स्कूटी रुकवाई। जैसे ही उसने स्कूटी रोकी, अचानक 3-4 अज्ञात व्यक्ति वहां पहुंचे और उसकी स्कूटी और मोबाइल छीनकर फरार हो गए। घटना के बाद उसका दोस्त वीरु भी मौके पर नहीं मिला, जिससे उसकी गुमशुदगी की आशंका जताई जा रही है। डॉक्टर ने एक गंभीर और एक साधारण चोट बताई घायल गौरव को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मेडिकल किया। मेडिकल रिपोर्ट के अनुसार उसके बाएं कंधे पर हड्डी उभरी हुई पाई गई, जिसके लिए एक्स-रे और ऑर्थोपेडिक राय की जरूरत बताई गई है। इसके अलावा बाएं कंधे पर तीन खरोंचें भी पाई गईं। डॉक्टर ने एक चोट को गंभीर और दूसरी को साधारण बताया है। पुलिस ने विभिन्न धाराओं में दर्ज किया केस थाना बुटाना में पीएसआई मनोज और सब इंस्पेक्टर संजीव की मौजूदगी में शिकायत दर्ज की गई। पुलिस ने अज्ञात 3-4 आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है और आरोपियों की तलाश के लिए पुलिस टीम को मौके पर भेजा गया है। पुलिस अब लूटे गए वाहन और मोबाइल के साथ-साथ लापता युवक वीरु की भी तलाश में जुटी हुई है।
दिल्ली में फैंस के नाम होगी फाइनल की रात: फीफा वर्ल्ड कप
नई दिल्ली, फीफा वर्ल्ड कप की मौजूदा चैंपियन अर्जेंटीना इतिहास रचने से बस एक जीत दूर है। रविवार देर रात (भारतीय समय के अनुसार) मेटलाइफ स्टेडियम में खिताबी मैच खेला जाएगा।
शाजापुर में शनिवार दोपहर एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने सामाजिक कार्यकर्ता और शिक्षाविद् सोनम वांगचुक को दिल्ली पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने के विरोध में प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन बस स्टैंड स्थित उत्कृष्ट विद्यालय क्रमांक-1 और प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस पंडित बालकृष्ण शर्मा नवीन महाविद्यालय के पास हुआ। कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर अपना विरोध दर्ज कराया। एनएसयूआई के कॉलेज अध्यक्ष रोहित चांदना ने बताया कि सोनम वांगचुक अपनी मांगों को लेकर पिछले 20 दिनों से भूख हड़ताल पर थे। उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली पुलिस ने उन्हें जबरन हिरासत में लेकर अस्पताल पहुंचाया, जो लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन है। चांदना ने इस घटना को देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था पर सवाल खड़ा करने वाला बताया। रोहित चांदना ने कहा कि जंतर-मंतर पर छात्र और युवा शिक्षा मंत्री के इस्तीफे सहित विभिन्न मांगों को लेकर शांतिपूर्ण आंदोलन कर रहे हैं। हालांकि, सरकार उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दे रही है। उन्होंने जोर दिया कि आंदोलन कर रहे लोगों के साथ इस तरह की कार्रवाई उचित नहीं है। एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने मांग की कि आंदोलनकारियों की आवाज सुनी जाए और लोकतांत्रिक तरीके से उनकी मांगों पर विचार किया जाए। प्रदर्शन के दौरान संगठन के पदाधिकारी और छात्र बड़ी संख्या में मौजूद रहे।
हरियाणा के नूंह जिले से गुजर रहे दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर शनिवार दोपहर एक टूरिस्ट बस अनियंत्रित होकर पलट गई। यह हादसा सदर थाना फिरोजपुर झिरका क्षेत्र के गांव बघोला के पास हुआ। बस पलटने से यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। हादसे के बाद एक्सप्रेसवे से गुजर रहे राहगीर और आसपास के लोगों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर बचाव कार्य शुरू किया। बस के दरवाजे क्षतिग्रस्त होने के कारण जाम हो गए। इसके बाद लोगों ने शीशे तोड़कर एक-एक कर यात्रियों को बाहर निकाला। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सात यात्रियों को मामूली चोटें आई हैं। सूचना मिलने पर सदर थाना फिरोजपुर झिरका पुलिस भी मौके पर पहुंच गई और राहत कार्य संभाला। घायल यात्रियों को नल्हड़ मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेजा गया, जहां उनका इलाज किया गया। हादसे के बाद एक्सप्रेसवे पर जाम भी लग गया। पुलिस ने टूरिस्ट बस को किसी तरह सड़क किनारे कराकर ट्रैफिक सुचारु कराया। टूरिस्ट बस हादसे के कुछ PHOTOS… यहां सिलसिलेवार ढंग से जानिए कैसे हुआ हादसा… हादसे का कारण पता कर रही पुलिस थाना सदर फिरोजपुर झिरका प्रभारी सुभाष चंद्र ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि बस तेज रफ्तार के कारण अनियंत्रित होने के कारण पलटी। कुछ लोग ड्राइवर के नशे में होने की बात भी कह रहे थे। फिलहाल, राहत की बात यह रही कि दुर्घटना में किसी यात्री के गंभीर रूप से घायल होने या जनहानि की सूचना नहीं है। पुलिस द्वारा हादसे के वास्तविक कारणों की जांच भी शुरू कर दी गई है। -------------------------- सड़क हादसे से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… घायल ड्राइवर-हेल्पर को तड़पता छोड़ लोगों ने लूट लिए आम,VIDEO:गुरुग्राम में बेकाबू होकर पलटा पिकअप, हाईवे पर बिखरीं पेटियां; थैलों में भरकर ले गए हरियाणा के साइबर सिटी गुरुग्राम में दिल्ली-जयपुर नेशनल हाईवे-48 पर आम से भरा एक पिकअप बेकाबू होकर पलट गया। इस हादसे हादसे में जहां पिकअप ड्राइवर और हेल्पर घायल हो गए, वहीं इसमें लदे आम सड़क पर बिखर गए। हादसा देख वहां से गुजर रहे लोगों की भीड़ मौके पर जुट गई। (पूरी खबर पढ़ें)
पटना से दिल्ली तक हलचल! लालू यादव को दिल्ली AIIMS किया गया शिफ्ट, मीसा भारती ने प्रशासन को घेरा
आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव की तबीयत एक बार फिर से चिंता का विषय बनी हुई है। पटना के इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान (IGIMS) में इलाज करा रहे लालू यादव को अब बेहतर चिकित्सा देखभाल के लिए दिल्ली एम्स (AIIMS) शिफ्ट करने का निर्णय लिया गया है। इस दौरान उनकी बड़ी बेटी और सांसद मीसा भारती ने पिता के स्वास्थ्य को लेकर ताजा जानकारी साझा की है, साथ ही पटना प्रशासन और अस्पताल प्रबंधन की कार्यशैली पर अपना सख्त गुस्सा भी जाहिर किया है। लालू यादव के स्वास्थ्य को लेकर आरजेडी समर्थकों और बिहार के राजनीतिक गलियारों में खलबली मची हुई है।मीसा भारती का खुलासा, स्वास्थ्य को लेकर दी बड़ी जानकारीमीसा भारती ने मीडिया से बातचीत में बताया कि पटना में इलाज के दौरान लालू यादव की सेहत में अपेक्षित सुधार नहीं हो पा रहा था, जिसके चलते डॉक्टरों की सलाह पर उन्हें दिल्ली ले जाने का फैसला लिया गया है। उन्होंने कहा कि लालू जी की स्थिति नाजुक बनी हुई है और उन्हें विशेष देखभाल की जरूरत है। मीसा ने अपने पिता की सेहत पर विस्तार से जानकारी देते हुए कहा कि उनकी पुरानी बीमारियों और बढ़ती उम्र को देखते हुए कोई भी जोखिम नहीं लिया जा सकता। दिल्ली में डॉक्टरों की विशेष टीम उनकी निगरानी करेगी।अस्पताल की व्यवस्था पर फूटा मीसा का गुस्सालालू यादव को शिफ्ट करने के दौरान पटना प्रशासन और अस्पताल की व्यवस्था पर मीसा भारती खासी नाराज दिखीं। उन्होंने आरोप लगाया कि आईजीआईएमएस में सुविधाएं और प्रबंधन का स्तर संतोषजनक नहीं रहा, जिससे इलाज में बाधाएं आ रही थीं। उन्होंने सीधे तौर पर पटना प्रशासन पर निशाना साधते हुए कहा कि व्यवस्था में भारी चूक हुई है और सहयोग के बजाय बाधाएं पैदा की गईं। मीसा ने कहा कि एक वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री के साथ इस तरह का व्यवहार दुर्भाग्यपूर्ण है।राजनीतिक गलियारों में तेज हुई चर्चालालू यादव को दिल्ली शिफ्ट करने की खबर मिलते ही समर्थकों का हुजूम उमड़ पड़ा। दिल्ली एम्स में भी उनके पहुंचने से पहले सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। लालू यादव के साथ मीसा भारती और परिवार के अन्य सदस्य भी दिल्ली रवाना हो गए हैं। बिहार की राजनीति में लालू यादव का स्वास्थ्य हमेशा से केंद्र बिंदु रहा है, और अब उनके दिल्ली जाने के बाद पटना के सियासी समीकरणों पर भी इसका असर देखने को मिल सकता है। समर्थक लगातार उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं।
श्रावस्ती जिले के सोनवा थाना क्षेत्र के बरावा हरगुन गांव में शनिवार सुबह एक विवाहिता का शव उसके ससुराल में फंदे से लटका मिला।सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।मायके पक्ष ने विवाहिता की हत्या कर शव को फंदे से लटकाने का आरोप लगाया है।पुलिस मामले की जांच कर रही है। मृतका की पहचान 28 वर्षीय सुषमा के रूप में हुई है, जो बरावा हरगुन निवासी 31 वर्षीय अंकित कुमार की पत्नी थी।अंकित सुषमा संग दिल्ली में रहकर मजदूरी करते थे। बताया जा रहा कि कुछ दिन पहले पति-पत्नी के बीच विवाद हुआ था, जिसके बाद अंकित पत्नी को दिल्ली में छोड़कर गांव लौट आया था।करीब तीन दिन पहले सुषमा भी दिल्ली से अपने ससुराल आ गई थी। स्थानीय लोगों के अनुसार, शुक्रवार देर रात करीब 12 बजे पति-पत्नी के बीच फिर किसी बात को लेकर विवाद हुआ। शनिवार तड़के करीब चार बजे जब घर के अन्य सदस्य जागे, तो सुषमा का शव कमरे में फंदे से लटकता मिला। घटना की सूचना मिलते ही मायके पक्ष के लोग भी मौके पर पहुंच गए और हंगामा शुरू हो गया। मृतका की मां ने गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि तीन वर्ष पहले उनकी बेटी की शादी अंकित से हुई थी। दंपति की छह माह की एक मासूम बेटी भी है। मां का आरोप है कि रात में बेटी के साथ मारपीट की गई थी और उसने फोन कर अपने पिता को इसकी जानकारी भी दी थी। पिता ने सुबह आने की बात कही थी, लेकिन इससे पहले ही उसकी मौत हो गई। मां ने दावा किया कि सुषमा की हत्या करने के बाद साक्ष्य छिपाने के लिए शव को फंदे से लटकाया गया है। बताया जा रहा है कि अंकित तीन भाइयों में सबसे छोटा है और घटना के समय उसके माता-पिता भी घर पर मौजूद थे। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस आत्महत्या और हत्या समेत सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है।
हाईकोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल अरुण भारद्वाज द्वारा 15 जुलाई को जारी प्रस्ताव (रिजॉल्यूशन) में बताया गया कि वीणा रानी के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई पर विचार किया जा रहा है। इसी कारण उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित करने का फैसला लिया गया।
दिल्ली पुलिस शनिवार सुबह जंतर-मंतर पर पिछले 20 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को अपने साथ ले गई। पुलिस ने जानकारी दी कि सोनम वांगचुक की बिगड़ती सेहत को देखते हुए उन्हें जरूरी मेडिकल देखभाल के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
संभल के जिला मजिस्ट्रेट अंकित खंडेलवाल ने गुन्नौर तहसील के असदपुर ग्राम पंचायत से जुड़े दिल्लीपुर सुखैला भूमि आवंटन मामले में एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। उन्होंने वर्ष 2019 में किए गए शेष 145 पट्टों को निरस्त कर दिया है। इस निर्णय के साथ, लगभग 845 बीघा सार्वजनिक भूमि को उसकी मूल राजस्व श्रेणी 5(3) (झाऊ) और श्रेणी 6(4) (रेता) में दर्ज करने का आदेश दिया गया है। जिला मजिस्ट्रेट ने अपने आदेश में स्पष्ट किया कि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए सुरक्षित भूमि का किया गया आवंटन प्रारंभ से ही विधि विरुद्ध और शून्य प्रभावी था। इसलिए, इसे बरकरार नहीं रखा जा सकता था। यह मामला गुन्नौर के तत्कालीन एसडीएम की निगरानी में वर्ष 2019 में कुल 162 पट्टों के आवंटन से जुड़ा है। वर्ष 2021 में तत्कालीन एडीएम ने इनमें से 17 पट्टे निरस्त कर दिए थे, लेकिन 145 पट्टों को बहाल रखा गया था। वर्तमान सुनवाई इन्हीं 145 पट्टों की वैधता पर केंद्रित थी। सुनवाई के दौरान, छह लाभार्थियों की मृत्यु हो चुकी थी, जबकि सात पट्टा धारक उपस्थित नहीं हुए। शेष 138 पट्टा धारकों ने अपने जवाब दाखिल किए। अभिलेखों, राजस्व रिकॉर्ड और अन्य साक्ष्यों के आधार पर न्यायालय ने निर्णय पारित किया। जांच में पाया गया कि लगभग 56 हेक्टेयर सार्वजनिक भूमि की राजस्व श्रेणी बदलकर उसका पट्टा कर दिया गया था, जो नियमों के विपरीत था। जांच में यह पुष्टि हुई कि भूमि मूल रूप से सार्वजनिक प्रयोजन के लिए सुरक्षित थी, और उसका आवंटन राजस्व नियमों का उल्लंघन था। इसी आधार पर सभी शेष पट्टे निरस्त कर दिए गए और पूरी 845 बीघा भूमि को उसकी मूल श्रेणी में पुनः दर्ज करने का आदेश दिया गया है। इस मामले में बर्खास्त एसडीएम ओमवीर सिंह, तत्कालीन एडीजीसी (राजस्व) जय भारद्वाज, तत्कालीन सहायक चकबंदी अधिकारी महेंद्र सिंह, तत्कालीन चकबंदी लेखपाल भीमराव सिंह, तत्कालीन राजस्व निरीक्षक राजीव कुमार और तत्कालीन ग्राम प्रधान विक्रांत यादव को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। कुल 19 लोगों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज है। तत्कालीन तहसीलदार करम सिंह चौहान भी आरोपित बनाए गए, शासन ने उन्हें सुल्तानपुर में सिटी मजिस्ट्रेट के पद से निलंबित कर दिया। इसके अलावा भूमि आवंटन प्रक्रिया में अनियमितता पाए जाने पर कई अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई भी शुरू की जा चुकी है।
नई दिल्ली। देश की राजधानी दिल्ली और पूरे एनसीआर (Delhi-NCR) में मॉनसून की बेरुखी के चलते लोग भीषण और दमघोंटू उमस भरी गर्मी का सामना कर रहे हैं. इसी बीच मौसम विभाग (IMD) से दिल्लीवालों के लिए एक बड़ी राहत और एक बड़ी चेतावनी दोनों साथ आई हैं. दिल्ली में शुक्रवार (17 जुलाई) को पिछले 5 साल में जुलाई के महीने की सबसे गर्म रात दर्ज की गई, जिसने लोगों को बेहाल कर दिया. हालांकि, इस भीषण तपन के बीच अब मौसम करवट लेने वाला है। मौसम विभाग ने आज शनिवार (18 जुलाई) और रविवार (19 जुलाई) के लिए दिल्ली-एनसीआर में आंधी-तूफान के साथ हल्की से मध्यम बारिश का 'येलो अलर्ट' (Yellow Alert) जारी किया है, जिससे तापमान में गिरावट आने की उम्मीद है.न्यूनतम तापमान ने तोड़ा रिकॉर्ड, 2021 के बाद सबसे गर्म रातसफदरजंग मौसम केंद्र के आंकड़ों के मुताबिक, शुक्रवार को दिल्ली का न्यूनतम तापमान सामान्य से 3.8 डिग्री अधिक यानी 31 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। यह पिछले पांच वर्षों में जुलाई के महीने में दर्ज की गई सबसे गर्म रात है। इससे पहले 1 जुलाई 2021 को न्यूनतम तापमान 31.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ था। रात के समय हवा पूरी तरह बंद होने और वातावरण में अत्यधिक नमी (Humidity) होने के कारण लोगों को घरों के भीतर और बाहर भारी परेशानी झेलनी पड़ी।38.8 डिग्री तापमान पर 51 डिग्री जैसी गर्मी का अहसासकेवल रात ही नहीं, बल्कि दिल्ली का दिन भी भयंकर रूप से तप रहा है। शुक्रवार को दिल्ली का अधिकतम तापमान सामान्य से 3.6 डिग्री ज्यादा यानी 38.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, हवा में 46 से 74 फीसदी तक की उच्च आर्द्रता (उमस) के चलते लोगों को असल में 48 से 51 डिग्री सेल्सियस जैसी झुलसाने वाली गर्मी (Real Feel Temperature) महसूस हुई। लोधी रोड में अधिकतम तापमान 39 डिग्री और पालम में 38.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया.येलो अलर्ट: वीकेंड पर तेज हवाओं के साथ बारिश की उम्मीदमौसम विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक, अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से आ रही नम हवाओं के कारण दिल्ली का मौसम आज दोपहर बाद बदल सकता है। शनिवार और रविवार को आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे। इस दौरान 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चलने और गरज-चमक के साथ हल्की बारिश या बूंदाबांदी होने की प्रबल संभावना है। इस बारिश से उमस से तो तुरंत राहत नहीं मिलेगी, लेकिन अधिकतम तापमान 3 डिग्री तक गिरकर 36 डिग्री सेल्सियस के आसपास आ सकता है.20 जुलाई के बाद आएगा मॉनसून का असली यू-टर्नस्काईमेट और आईएमडी के विशेषज्ञों के अनुसार, दिल्ली में मॉनसून का जो लंबा ब्रेक चल रहा था, वह अब समाप्त होने की कगार पर है। असली और व्यापक राहत 20 से 22 जुलाई के बीच देखने को मिलेगी। इस दौरान दिल्ली, पंजाब, हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के मैदानी इलाकों में भारी बारिश का दौर शुरू होगा, जिससे लंबे समय से सूखी पड़ी दिल्ली को भीषण गर्मी से पूरी तरह निजात मिल सकेगी। इस बीच, शुक्रवार शाम दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 176 दर्ज किया गया, जो 'मध्यम' श्रेणी में बना हुआ है.
LIVE: सोनम वांगचुक अस्पताल में भर्ती, जंतर मंतर से प्रदर्शनकारियों को हटाया, क्या बोली दिल्ली पुलिस?
Latest News Today Live Updates in Hindi : जंतर मंतर पर 20 दिन से अनशन कर रहे सोनम वांगचुक को दिल्ली पुलिस अपने साथ ले गई। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प भी हुई। इसके बाद प्रदर्शनकारियों को जंतर ...
अनशन से बिगड़ी सोनम वांगचुक की तबीयत, दिल्ली पुलिस अस्पताल ले गई
Sonam Wangchuk news in hindi : जंतर मंतर पर 20 दिन से अनशन कर रहे सोनम वांगचुक को दिल्ली पुलिस अपने साथ ले गई। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वांगचुक की सेहत लगातार खराब हो रही थी।
RJD सुप्रीमो लालू यादव की तबीयत बिगड़ी है। शुक्रवार को उन्हें इलाज के लिए पटना के IGIMS लाया गया। उनके साथ उनकी पत्नी राबड़ी देवी, बेटी मीसा भारती और बड़े बेटे तेजप्रताप साथ में थे। लालू यादव ने आईजीआईएमएस में अपनी आंख का चेकअप कराया। उनकी आंखों की जांच HOD डॉ. विभूति प्रसन्न सिन्हा ने की। इसके बाद उनका ईसीजी किया गया। उन्हें 2 घंटे के लिए ऑब्जर्वेशन में रखा गया। मीसा भारती ने कहा कि फिलहाल वह ठीक है। लालू जी का दिल्ली एम्स में इलाज चल रहा है, इसलिए आज यानी शनिवार को दिल्ली जाएंगे। मीसा भारती ने कहा कि कौटिल्या नगर इलाके में गंदगी ज्यादा है, जिसकी वजह से उनकी तबीयत खराब हुई, लेकिन हम लोग इस बात को बोलेंगे तो लोगों को लगेगा कि हम लोग आवास के लिए रोना रो रहे हैं। चक्कर आने के बाद इलाज के लिए IGIMS लाया गया मीडिया रिपोर्ट्स की माने तो चक्कर आने के बाद उन्हें इलाज के लिए यहां लाया गया है। अस्पताल में डॉक्टरों की टीम उनकी जांच कर रही है। उनकी सेहत को लेकर अधिक जानकारी मेडिकल जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। मई में रूटीन चेकअप के लिए गए थे सिंगापुर बता दें कि लालू यादव पोस्ट ट्रांसप्लांट रूटीन मेडिकल चेकअप के लिए 2 महीने पहले सिंगापुर गए थे। दिल्ली की अदालत से विदेश यात्रा की अनुमति मिली थी। तेजस्वी यादव ने बताया था कि किडनी ट्रांसप्लांट के बाद डॉक्टरों ने उनको हर तीन महीने पर रूटीन चेकअप की सलाह दी थी, लेकिन पिछले करीब एक साल से नियमित जांच नहीं हो पाई थी। उनकी आंख का ऑपरेशन भी हुआ था और उन्हें आंखों से जुड़ी परेशानी बनी हुई थी। 7 महीने पहले दिल्ली में हुआ था आंख का ऑपरेशन दिसंबर 2025 में आंखों की जांच के दौरान डॉक्टरों ने उनकी आंखों में मोतियाबिंद (कैटरेक्ट) और रेटिना से जुड़ी समस्या पाई थी। इसके बाद दिल्ली के एक निजी नेत्र अस्पताल में वरिष्ठ नेत्र विशेषज्ञों की देखरेख में उनकी कैटरेक्ट और रेटिना की सर्जरी की गई। डॉक्टरों के अनुसार ऑपरेशन पूरी तरह सफल रहा और सर्जरी के बाद उनकी स्थिति सामान्य रही। उन्हें कुछ समय आराम करने और नियमित फॉलोअप कराने की सलाह दी गई थी। 1 जुलाई को RJD के स्थापना दिवस कार्यक्रम में शामिल हुए थे लालू 1 जुलाई को राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने अपना 30वां स्थापना दिवस मनाया था। पटना में पार्टी ऑफिस में लालू यादव ने कार्यक्रम की शुरुआत की थी। उन्होंने कहा, ‘हम लड़े हैं और आगे भी लड़ते रहेंगे।’ इस कार्यक्रम में लालू को उठने-बैठने और चलने में थोड़ी परेशानी होती दिखी, लेकिन उनकी तबीयत ठीक थी। लालू इसके बाद भी पटना की सड़कों पर गाड़ी में सवार होकर घूमते दिखाई दिए। RJD ऑफिस की कुछ तस्वीरें देखिए…
दिल्ली में मौसम बिगड़ा; इंडिगो की सूरत-दिल्ली फ्लाइट जयपुर डायवर्ट
दिल्ली में खराब मौसम का असर शुक्रवार को फ्लाइट संचालन पर भी देखने को मिला। सूरत से दिल्ली जा रही इंडिगो की फ्लाइट 6ई-6399 को दिल्ली एयरपोर्ट पर लैंडिंग क्लीयरेंस नहीं मिलने के कारण जयपुर डायवर्ट कर सुरक्षित उतारा गया। यात्रियों को फ्लाइट के अंदर ही रखा गया है। बाद में दिल्ली एयर ट्रैफिक कंट्रोल से अनुमति मिलने के बाद फ्लाइट को रवाना किया जाएगा। दिल्ली में मौसम खराब होने या रनवे पर दबाव बढ़ने की स्थिति में जयपुर एयरपोर्ट अक्सर वैकल्पिक एयरपोर्ट की भूमिका निभाता है। दिल्ली से नजदीकी और बेहतर परिचालन क्षमता के कारण फ्लाइट को ऐसी परिस्थितियों में जयपुर उतारा जाता है।
नई दिल्ली/लखनऊ। देश के एक बड़े हिस्से में एक बार फिर मानसून की रफ्तार तेज होने जा रही है, जिससे भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों को राहत तो मिलेगी, लेकिन कुछ इलाकों के लिए यह आफत भी बन सकती है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने कल के मौसम को लेकर एक बड़ा और गंभीर अलर्ट जारी किया है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, देश के उत्तरी और पूर्वी हिस्सों में मानसून की धमाकेदार वापसी हो रही है, जिसके चलते दिल्ली-NCR, उत्तर प्रदेश (UP), बिहार और पश्चिम बंगाल (West Bengal) समेत कई राज्यों में मूसलाधार बारिश होने की प्रबल संभावना है। इन इलाकों में प्रशासन को भी सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।दिल्ली-NCR और उत्तर प्रदेश (UP) में भारी बारिश की चेतावनीमौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार, दिल्ली और उसके आस-पास के इलाकों (नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद) में कल आसमान में घने बादल छाए रहेंगे और गरज-चमक के साथ तेज बारिश का दौर शुरू हो सकता है। वहीं, उत्तर प्रदेश के लखनऊ, कानपुर, वाराणसी और प्रयागराज समेत पूर्वांचल और पश्चिमी यूपी के अधिकांश जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश का 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया गया है। वज्रपात (आकाशीय बिजली) की आशंका को देखते हुए लोगों को खुले में न जाने की सलाह दी गई है।बिहार और पश्चिम बंगाल में आफत की बारिश का अलर्टपूर्वी भारत की बात करें तो बिहार और पश्चिम बंगाल में मानसून सबसे ज्यादा आक्रामक रुख अपना सकता है। बिहार के पटना, भागलपुर और गया समेत कई जिलों में भारी वर्षा के कारण निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति पैदा हो सकती है। इसके साथ ही, पश्चिम बंगाल के उप-हिमालयी क्षेत्रों और गांगेय पश्चिम बंगाल में भी मूसलाधार बारिश की चेतावनी दी गई है। मछुआरों को समंदर में न जाने की हिदायत दी गई है और पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन (Landslide) का खतरा बढ़ गया है।इन राज्यों में भी मौसम विभाग ने जारी किया अलर्टमानसून की इस सक्रियता का असर केवल उत्तर और पूर्व भारत तक ही सीमित नहीं रहेगा। मौसम विभाग ने मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, ओडिशा और झारखंड में भी कल हल्की से मध्यम और कुछ स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई है। इसके अलावा, दक्षिण भारत के तटीय कर्नाटक और केरल में भी मानसून की गतिविधियां तेज होने के संकेत हैं। पहाड़ी राज्य उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में भी अचानक आने वाली बाढ़ (Flash Floods) को लेकर अलर्ट जारी किया गया है, इसलिए पर्यटकों को नदी-नालों से दूर रहने की हिदायत दी गई है।
नई दिल्ली। दिल्ली-हरियाणा सीमा पर स्थित डेरा मंडी और मंडी गांव के निवासियों को जल्द ही जलभराव की समस्या से राहत मिल सकती है। पीडब्ल्यूडी एवं जल मंत्री प्रवेश साहिब सिंह ने शुक्रवार को डेरा मंडी क्षेत्र का दौरा कर जलभराव, सीवर और सड़क की स्थिति का निरीक्षण किया तथा अधिकारियों के साथ मौके पर समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान मंत्री ने डेरा मंडी रोड के पास मंडी गांव में भारी जलभराव की स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों ने बताया कि यह क्षेत्र प्राकृतिक रूप से निचला है, जिसके कारण बारिश का पानी यहां एकत्र हो जाता है। पहले यह पानी प्राकृतिक नालों के जरिए हरियाणा की ओर निकल जाता था, लेकिन शहरीकरण और कंक्रीटीकरण के कारण निकासी के रास्ते बंद हो गए हैं। बनाया जाएगा नया आरसीसी ड्रेन : प्रवेश मंत्री प्रवेश साहिब सिंह ने बताया कि समस्या के स्थायी समाधान के लिए पीडब्ल्यूडी डेरा मंडी रोड से डेरा भाटी रोड होते हुए बांध रोड तक नया प्रीकास्ट आरसीसी ड्रेन बनाएगा। इसके बाद पंपिंग व्यवस्था के माध्यम से पानी को एसएसएन मार्ग ड्रेन में छोड़ा जाएगा। इस परियोजना का उद्देश्य वर्षा जल निकासी की स्थायी व्यवस्था विकसित करना और भविष्य में जलभराव की समस्या को समाप्त करना है। प्रवेश वर्मा ने कहा कि सरकार केवल हर बारिश के बाद पानी निकालने पर नहीं, बल्कि मजबूत और टिकाऊ बुनियादी ढांचा तैयार करने पर काम कर रही है। इसके लिए शहर के संवेदनशील इलाकों का वैज्ञानिक आकलन किया जा रहा है और जहां जरूरत होगी, वहां दीर्घकालिक समाधान लागू किए जाएंगे। उन्होंने अधिकारियों को परियोजना की विस्तृत कार्ययोजना शीघ्र तैयार करने और सभी संबंधित एजेंसियों के साथ समन्वय बनाकर प्राथमिकता के आधार पर काम शुरू करने के निर्देश दिए। स्थानीय लोगों ने भी इस पहल का स्वागत करते हुए इसे वर्षों पुरानी समस्या के समाधान की दिशा में बड़ा कदम बताया। परियोजना की मुख्य बातें जलभराव की वजह
दिल्ली में ट्रांसजेंडर का वेष बदलकर रह रहा अवैध बांग्लादेशी नागरिक अरेस्ट
नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस ने महेंद्र पार्क थाना इलाके से ट्रांसजेंडर का वेष बदलकर रह रहे एक गैर-कानूनी बांग्लादेशी नागरिक को गिरफ्तार किया। पुलिस ने बताया कि यह गिरफ्तारी 14 जुलाई को तड़के एक गुप्त मुखबिर से मिली जानकारी के आधार पर की। यह डिवीजन निगरानी और गुप्त जानकारी के आधार पर संदिग्ध गतिविधियों पर […] The post दिल्ली में ट्रांसजेंडर का वेष बदलकर रह रहा अवैध बांग्लादेशी नागरिक अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
अनुराग कुमार बनाए गए दिल्ली के नए पुलिस कमिश्नर, संभालेंगे सतीश गोलचा की जगह
इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) के पूर्व विशेष निदेशक अनुराग कुमार को दिल्ली पुलिस का नया कमिश्नर नियुक्त किया गया है। केंद्र सरकार ने सतीश गोलचा की रिटायरमेंट से पहले ही उन्हें पद से हटाते हुए अनुराग कुमार को कार्यभार सौंपा है।
अनुराग कुमार दिल्ली के नए पुलिस आयुक्त नियुक्त
नई दिल्ली। भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) के वरिष्ठ अधिकारी अनुराग कुमार को दिल्ली पुलिस का नया आयुक्त नियुक्त किया गया है। वे राष्ट्रीय राजधानी के पुलिस बल के प्रमुख के रूप में कार्यरत सतीश गोलचा का स्थान लेंगे। केंद्रीय गृह मंत्रालय के एक आदेश के अनुसार अरूणाचल प्रदेश-गोवा-मिजोरम-केंद्रशासित प्रदेश (एजीएमयूटी) संवर्ग के 1994 बैच के […] The post अनुराग कुमार दिल्ली के नए पुलिस आयुक्त नियुक्त appeared first on Sabguru News .
दिल्ली पुलिस के शीर्ष नेतृत्व में शुक्रवार को बड़ा प्रशासनिक बदलाव किया गया। केंद्र सरकार ने 1994 बैच के AGMUT कैडर के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी अनुराग कुमार को दिल्ली का नया पुलिस आयुक्त (कमिश्नर) नियुक्त किया है। वह मौजूदा पुलिस आयुक्त सतीश गोलचा का स्थान लेंगे। गृह मंत्रालय की ओर से जारी आदेश के अनुसार अनुराग कुमार कार्यभार ग्रहण करने की तिथि से अगले आदेश तक इस पद पर बने रहेंगे। वहीं, सतीश गोलचा को नई तैनाती तक उपराज्यपाल (एलजी) कार्यालय में रिपोर्ट करने के निर्देश दिए गए हैं। IB में स्पेशल डायरेक्टर के पद पर कार्यरत थे अनुराग कुमार फिलहाल इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) में स्पेशल डायरेक्टर के पद पर कार्यरत थे। नियुक्ति से एक दिन पहले कैबिनेट की नियुक्ति समिति (ACC) ने उन्हें उनके मूल AGMUT कैडर में वापस भेजने की मंजूरी दी थी। राष्ट्रीय सुरक्षा, आतंकवाद-रोधी अभियानों और संवेदनशील खुफिया मामलों में तीन दशक से अधिक के अनुभव के कारण उन्हें राजधानी की कानून-व्यवस्था की जिम्मेदारी सौंपी गई है। गृह मंत्रालय के आदेश में केवल उनकी नियुक्ति सूत्रों के मुताबिक, दिल्ली में वीवीआईपी सुरक्षा, बढ़ते साइबर अपराध, महिला सुरक्षा और आगामी संवेदनशील आयोजनों को देखते हुए यह बदलाव किया गया है। सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि अनुराग कुमार का खुफिया तंत्र में लंबा अनुभव कानून-व्यवस्था से जुड़ी चुनौतियों से निपटने में मददगार साबित होगा। हालांकि, सरकार ने नियुक्ति के पीछे किसी विशेष कारण का आधिकारिक उल्लेख नहीं किया है। गृह मंत्रालय के आदेश में केवल उनकी नियुक्ति और सतीश गोलचा की नई तैनाती तक की व्यवस्था का उल्लेख किया गया है।
दिल्ली में प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोमवार को शकूरपुर से 45 नए आयुष्मान जन आरोग्य मंदिरों का उद्घाटन किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार का लक्ष्य हर नागरिक को उसके घर और कॉलोनी के पास ही गुणवत्तापूर्ण एवं सुलभ स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है। सीएम ने बताया कि राजधानी में वर्तमान में 415 से अधिक आयुष्मान जन आरोग्य मंदिर संचालित हो रहे हैं, जहां लोगों को मुफ्त प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं मिल रही हैं। सरकार जल्द ही 1,100 से अधिक आयुष्मान जन आरोग्य मंदिर स्थापित करने के अपने लक्ष्य को भी पूरा करेगी, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं का दायरा और व्यापक होगा। निःशुल्क डायग्नोस्टिक जांच की सुविधा उपलब्ध इन केंद्रों पर मरीजों को ओपीडी परामर्श, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाएं, नियमित टीकाकरण, आवश्यक दवाइयां तथा 80 से अधिक प्रकार की निःशुल्क डायग्नोस्टिक जांच की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। सरकार का कहना है कि इन सुविधाओं से लोगों को इलाज के लिए दूर-दराज के अस्पतालों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा और मोहल्ला स्तर पर ही बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी। सस्ती एवं सुलभ चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली सरकार स्वास्थ्य क्षेत्र में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और आम नागरिकों को सस्ती एवं सुलभ चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए लगातार काम कर रही है। उद्घाटन समारोह में विधायक तिलक राम गुप्ता, निगम पार्षद किशन लाल, भाजपा जिलाध्यक्ष अजय खटाना सहित कई जनप्रतिनिधि और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET-UG) 2026 के घोषित परिणामों में जबलपुर के आर्यमन सोलंकी ने मध्य प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया है। उन्होंने 692 अंक प्राप्त कर ऑल इंडिया रैंक (AIR) 46 हासिल की है। इस उपलब्धि के साथ आर्यमन ने प्रदेश और शहर का नाम रोशन किया है। अब उनका लक्ष्य देश के प्रतिष्ठित चिकित्सा संस्थान एम्स दिल्ली में प्रवेश लेना है। इस वर्ष नीट-यूजी परीक्षा में करीब 20 लाख अभ्यर्थी शामिल हुए थे, जिनमें से 11.21 लाख से अधिक छात्र-छात्राएं सफल हुए हैं। ऐसे कड़े मुकाबले में आर्यमन की ऑल इंडिया 46वीं रैंक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। पढ़ाई को कभी बोझ नहीं समझा अपनी सफलता का श्रेय आर्यमन ने विषयों के प्रति रुचि और नियमित अध्ययन को दिया। उन्होंने बताया कि उन्होंने पढ़ाई को कभी तनाव या बोझ नहीं माना। आर्यमन ने कहा, मैंने हमेशा उन्हीं विषयों और टॉपिक्स पर ज्यादा ध्यान दिया, जिन्हें पढ़ने में आनंद आता था। मैं रोजाना 4 से 5 घंटे सेल्फ स्टडी करता था और बाकी समय दोस्तों के साथ क्रिकेट व अन्य खेल भी खेलता था। उन्होंने कहा कि जब रुचि के साथ पढ़ाई की जाती है तो कठिन से कठिन विषय भी आसान लगने लगते हैं। उनका मानना है कि पढ़ाई और मनोरंजन के बीच संतुलन बनाए रखना भी सफलता का अहम मंत्र है। परिवार से मिली मेडिकल क्षेत्र की प्रेरणा आर्यमन का परिवार लंबे समय से चिकित्सा क्षेत्र से जुड़ा हुआ है। उनके पिता डॉ. फरिंद्र सिंह सोलंकी शहर के वरिष्ठ यूरोलॉजिस्ट हैं और जबलपुर के पहले अंगदान अभियान के मेडिकल दल का हिस्सा रह चुके हैं। उनकी मां डॉ. अनुपमा सोलंकी स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ (गायनाकोलॉजिस्ट) हैं, जबकि उनकी बहन भी मेडिकल की पढ़ाई कर रही हैं। घर में बचपन से मिले चिकित्सकीय माहौल ने आर्यमन को भी डॉक्टर बनने और मरीजों की सेवा करने के लिए प्रेरित किया। री-एग्जाम की चिंता से निकाला बाहर आर्यमन के पिता डॉ. फरिंद्र सिंह सोलंकी ने बताया कि परीक्षा के दौरान री-एग्जाम को लेकर बेटा कुछ समय के लिए तनाव में आ गया था। उन्होंने कहा, मैंने उसे समझाया कि यदि री-एग्जाम होगा तो वह सभी छात्रों के लिए होगा। इसके बाद उसकी चिंता दूर हुई और उसने पूरी एकाग्रता के साथ अपनी तैयारी जारी रखी। उन्होंने कहा कि वे चाहते हैं कि आर्यमन अपनी पसंद के क्षेत्र में आगे बढ़े, सफल हो और एक खुशहाल जीवन जिए।
नवादा के वारिसलीगंज के छात्र आयुष भलोटिया ने NEET UG में देश भर में चौथा स्थान (AIR 4) हासिल किया है। राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) द्वारा घोषित परिणामों के बाद उनके गृहक्षेत्र वारिसलीगंज में जश्न का माहौल है। इस ऐतिहासिक सफलता के साथ, आयुष का देश के शीर्ष चिकित्सा संस्थान एम्स (AIIMS), नई दिल्ली में डॉक्टर बनने का सपना साकार होने जा रहा है। परिजनों और शुभचिंतकों ने मिठाई बांटकर और पटाखे फोड़कर इस उपलब्धि का जश्न मनाया। क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों, शिक्षाविदों और स्थानीय नागरिकों ने आयुष को बधाई दी है। उन्होंने कहा कि आयुष ने यह साबित कर दिया है कि सीमित संसाधनों के बावजूद दृढ़ संकल्प और कड़ी मेहनत से देश के किसी भी शीर्ष पायदान पर पहुंचा जा सकता है। आयुष की यह उपलब्धि पूरे जिले के छात्रों में उत्साह भर रही है। स्थानीय लोगों का मानना है कि यह वारिसलीगंज और नवादा के अन्य विद्यार्थियों को राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगी। आयुष ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता के अटूट समर्थन और शिक्षकों के सही मार्गदर्शन को दिया है। रात से बधाइ देने के लिए लोगों का आ रहा कॉल अमिश के चाचा दीपक भालोठिया ने बताया कि रिजल्ट आने के बाद रात 12 बजे से लगातार फोन और बधाइयों का सिलसिला जारी है। उन्होंने कहा कि बिहार में प्रथम और देश में चौथा स्थान हासिल कर अमिश ने पूरे परिवार, नवादा और बिहार का नाम रोशन किया है। अमिश पिछले दो वर्षों से कोटा में रहकर NEET की तैयारी कर रहा था। इससे पहले उसने वारिसलीगंज स्थित विवेकानंद पब्लिक स्कूल से अपनी स्कूली शिक्षा पूरी की। इस ऐतिहासिक सफलता से परिवार में जश्न का माहौल है और शुभचिंतकों का लगातार तांता लगा हुआ है। 'मेरे बेटे ने मेरा सपना किया पूरा' अमिश के पिता सुनील कुमार भालोठिया ने बताया कि हर पिता का सपना होता है कि उसका बेटा बड़ी सफलता हासिल करे और आज वह सपना पूरा हुआ है। उन्होंने कहा कि पहले प्रयास में अमिश ने 695 अंक हासिल किए थे, लेकिन मनपसंद मेडिकल कॉलेज मिलने की संभावना कम थी। इस बार उसने 710 अंक प्राप्त कर शानदार सफलता हासिल की। उन्होंने कहा कि परीक्षा का स्तर अच्छा होना चाहिए, ताकि मेहनती और प्रतिभाशाली छात्रों को सही अवसर मिल सके। अमिश पिछले दो सालों से कोटा में रहकर तैयारी कर रहा था। पिता रोज रात करीब 2 बजे तक उसकी पढ़ाई का हाल लेते थे और सुबह पर्याप्त नींद के बाद फोन कर उसे जगाते थे। उन्होंने कहा कि कोटा का शैक्षणिक माहौल उत्कृष्ट है। देशभर के अभिभावकों से अपील करते हुए उन्होंने कहा कि बच्चों पर अनावश्यक दबाव न डालें, उनका मनोबल बढ़ाएं और पढ़ाई के लिए सकारात्मक वातावरण उपलब्ध कराएं।
सावधान! मौसम विभाग ने यूपी, बिहार और दिल्ली समेत 12 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। अगर आप भी अगले 48 घंटों में घर से बाहर निकलने या किसी यात्रा की योजना बना रहे हैं, तो यह खबर आपके लिए बहुत जरूरी है। मानसून की सक्रियता बढ़ने के कारण ...
दिल्ली पुलिस में बड़ा प्रशासनिक बदलाव: सतीश गोलचा हटे, अनुराग कुमार बने नए पुलिस कमिश्नर
दिल्ली पुलिस में बड़ा प्रशासनिक बदलाव। सतीश गोलचा को कमिश्नर पद से हटाया गया, 1994 बैच के आईपीएस अनुराग कुमार बने नए दिल्ली पुलिस कमिश्नर। जानिए पूरा मामला।
यदि आप आज यानी 17 जुलाई 2026 को घर की रसोई के लिए घरेलू गैस सिलेंडर बुक करने की सोच रहे हैं, तो आपके लिए अच्छी खबर है। आज भी सरकारी तेल कंपनियों ने एलपीजी गैस सिलेंडर (LPG Gas Cylinder) की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया है। देशभर में 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर और 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल सिलेंडर की कीमतें पूरी तरह से स्थिर बनी हुई हैं।हालांकि, वैश्विक मोर्चे पर बढ़ते भू-राजनीतिक (Geopolitical) तनाव ने आने वाले दिनों के लिए भारतीय उपभोक्ताओं की चिंताएं बढ़ा दी हैं। आइए जानते हैं आज आपके शहर में गैस सिलेंडर के प्रमुख रेट क्या हैं और अंतरराष्ट्रीय हालात का आपकी जेब पर क्या असर पड़ सकता है:आज के प्रमुख शहरों के रेट (LPG Cylinder Rates Today)देश की राजधानी और उससे सटे दिल्ली-एनसीआर (Delhi-NCR) के इलाकों में आज एलपीजी गैस सिलेंडर पुराने दामों पर ही उपलब्ध हैं:दिल्ली (Delhi): राष्ट्रीय राजधानी में 14.2 किलो वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमत ₹942 पर स्थिर है। वहीं, 19 किलो वाले कमर्शियल सिलेंडर की कीमत ₹2,930 बनी हुई है।नोएडा (Noida): उत्तर प्रदेश के नोएडा में घरेलू गैस सिलेंडर ₹939.50 में मिल रहा है, जबकि कमर्शियल सिलेंडर का रेट ₹2,930 है।गाजियाबाद (Ghaziabad): नोएडा की तरह गाजियाबाद में भी घरेलू एलपीजी सिलेंडर ₹939.50 और कमर्शियल सिलेंडर ₹2,930 की कीमत पर बिक रहा है।अमेरिका-ईरान तनाव: भारत की एलपीजी सप्लाई पर मंडराया खतरा?अमेरिका और ईरान के बीच एक बार फिर से गहराते राजनयिक और सैन्य तनाव ने वैश्विक ऊर्जा बाजार (Global Energy Market) में खलबली मचा दी है। भारत के नजरिए से यह स्थिति बेहद संवेदनशील है:स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) का संकट:भारत अपनी घरेलू एलपीजी (LPG) जरूरतों का एक बहुत बड़ा हिस्सा विदेशों से आयात (Import) करता है। खाड़ी देशों से आने वाले इस गैस आयात का अधिकांश हिस्सा 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' के समुद्री मार्ग से होकर भारत पहुंचता है। विशेषज्ञों के अनुसार, यदि अमेरिका-ईरान संघर्ष के कारण इस समुद्री मार्ग पर किसी भी तरह की बाधा आती है, तो भारत में एलपीजी की सप्लाई चेन बुरी तरह प्रभावित हो सकती है। सप्लाई रुकने या कम होने की स्थिति में घरेलू बाजार में कीमतों पर भारी दबाव बढ़ना तय है।क्या फिर महंगी हो सकती है रसोई गैस? (Expert Analysis)ऑटो और एनर्जी सेक्टर के विशेषज्ञों का मानना है कि यदि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल (Crude Oil) और एलपीजी की कीमतें लगातार ऊंची बनी रहती हैं, तो सरकार और तेल कंपनियों के सामने संकट खड़ा हो जाएगा:कंपनियों का बढ़ता घाटा: सरकारी आंकड़ों के अनुसार, जून 2026 तक सरकारी तेल विपणन कंपनियों (OMCs) को प्रत्येक घरेलू एलपीजी सिलेंडर की बिक्री पर लगभग ₹500 से ₹700 तक का भारी नुकसान (Under-recovery) उठाना पड़ रहा था।सरकार के पास दो विकल्प: इस बढ़ते घाटे को पाटने के लिए सरकार के पास या तो एलपीजी पर मिलने वाली सब्सिडी (Subsidy) का बोझ बढ़ाने का विकल्प होगा, या फिर सीधे तौर पर घरेलू गैस सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी करके इसका बोझ आम उपभोक्ताओं की जेब पर डालना होगा। लंबे समय तक वैश्विक कीमतें ऊंची रहने की स्थिति में दूसरी संभावना ज्यादा प्रबल हो जाती है।उपभोक्ताओं के लिए सलाह: फिलहाल 17 जुलाई को कीमतें न बढ़ने से आम जनता को बड़ी राहत मिली है। लेकिन अंतरराष्ट्रीय भू-राजनीतिक समीकरणों को देखते हुए आने वाले हफ्तों में एलपीजी की कीमतों में संशोधन की आशंका से पूरी तरह इनकार नहीं किया जा सकता। ऐसे में बजट को संतुलित रखने के लिए उपभोक्ताओं को आने वाले दिनों में ईंधन की सप्लाई और कीमतों के अपडेट पर नजर रखनी चाहिए।
नशे के खिलाफ जनजागरूकता का संदेश देने के लिए 26 जुलाई को यमुनानगर में आयोजित होने वाली 10 किलोमीटर मैराथन की तैयारियां जोरों पर हैं। इस आयोजन में हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे और मटका चौक से सुबह 5:15 बजे मैराथन को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। अब तक 31 हजार से अधिक लोग दौड़ के लिए अपना पंजीकरण करा चुके हैं। इस आयोजन में केवल हरियाणा ही नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश, पंजाब, हिमाचल प्रदेश और दिल्ली से भी बड़ी संख्या में लोग हिस्सा लेने के लिए पंजीकरण करा चुके हैं। प्रशासन का मानना है कि रजिस्ट्रेशन की अंतिम तिथि 24 जुलाई तक प्रतिभागियों की संख्या में और बढ़ोतरी होगी। शहर के विभिन्न प्रमुख मार्गों से निकलेगी दौड़ यह मैराथन 26 जुलाई को सुबह 5:15 बजे जगाधरी के मटका चौक से शुरू होगी। करीब 10 किलोमीटर लंबी यह दौड़ शहर के विभिन्न प्रमुख मार्गों से होकर निकलेगी। दौड़ में बेहतर प्रदर्शन करने वाले पहले 10 युवक और पहले 10 युवतियों को मंच पर सम्मानित किया जाएगा। उपायुक्त प्रीति ने बताया कि अब तक कुल 31 हजार 268 प्रतिभागियों ने रजिस्ट्रेशन कराया है। इनमें 17 हजार 599 पुरुष, 13 हजार 636 महिलाएं और 33 अन्य शामिल हैं। सभी विभागों को समय रहते तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए। 24 जुलाई तक होगा पंजीकरण उन्होंने कहा कि दौड़ के पूरे रूट पर सुरक्षा, ट्रैफिक व्यवस्था, पेयजल, चिकित्सा सहायता, एंबुलेंस, स्वच्छता, प्रतिभागियों के पंजीकरण और अन्य व्यवस्थाएं चाक-चौबंद होंगे ताकि हजारों प्रतिभागियों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े। पुलिस, स्वास्थ्य, शिक्षा, खेल, नगर निगम, नगर परिषद, परिवहन और अन्य संबंधित विभागों को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। प्रशासन के अनुसार इच्छुक प्रतिभागी 24 जुलाई शाम 5 बजे तक ऑनलाइन पोर्टल या क्यूआर कोड के माध्यम से अपना पंजीकरण करा सकते हैं। जिला प्रशासन का लक्ष्य इस मैराथन को यमुनानगर के सबसे बड़े जनभागीदारी वाले आयोजनों में शामिल करना है। मैराथन को लेकर नगर निगम आयुक्त महाबीर प्रसाद भी लगातार विभिन्न संस्थाओं के पदाधिकारियों के साथ बैठक कर रहे हैं।
फरीदाबाद में दिल्ली ब्लास्ट के बाद चर्चा में आई अलफलाह यूनिवर्सिटी के एमबीबीएस छात्र अदीदशाह को गांजे के साथ पकड़ने के मामले में जांच के दौरान चौकाने वाला खुलासा हुआ है। वह दिल्ली के सदर बाजार से गांजा खरीदता था और बाद में गांजे की छोटी-छोटी पुड़िया बनाकर 500 रुपये पुड़िया के हिसाब से छात्रों को बेचता था। क्राइम ब्रांच ने उसको मंगलवार को 200 ग्राम गांजे के साथ गिरफ्तार किया था। पुलिस अब दिल्ली के सप्लायर की तलाश कर रही है। अभिभावकों में डर का माहौल जिसके बाद यूनिवर्सिटी में पढ़ाई कर रहे छात्रों के अभिभावकों में फिर से डर का माहौल बन गया है। अभिभावकों ने यूनिवर्सिटी प्रशासन पर सवाल खड़े किए है। उनका आरोप है कि बच्चे कहां-जा रहे है इसका कोई ध्यान नही रख रहा है। ऐसे में वो अपने बच्चों के भविष्य को लेकर चिंता में है यूनिवर्सिटी में सेकेंड ईयर का पढ़ाई पुलिस से मिली जानकारी गिरफ्तार किया गया छात्र अलफलाह यूनिवर्सिटी में एमबीबीएस सेकेंड ईयर की पढ़ाई कर रहा है। श्रीनगर जम्मू कश्मीर के भनमसर कोठीबाग का रहने वाला है। आरोपी छात्र के पिता पेशे से डाक्टर बताए जा रहे है। क्राइम ब्रांच आरोपी से यह भी पता करने की कोशिश में जुटी है कि कहीं वह किसी अन्य अवैध गतिविधि में तो संलिप्त नहीं था। पुड़िया बनाकर 500 रूपये में बेचता पुलिस की जांच में ये खुलासा हुआ है कि आरोपी दिल्ली सदर बाजार के एक सप्लायर के संपर्क में था। सप्लायर उसे यूनिवर्सिटी के बाहर गांजा देकर जाता था। गांजा लेकर वह अपने हास्टल के कमरे में रख लेता था। बाद में गांजे की छोटी-छोटी पुड़िया बनाकर 500 रुपये पुड़िया के हिसाब से छात्रों को बेचता था। इंटरनेट के जरिए सप्लायर से संपर्क पुलिस की जांच में ये भी खुलासा हुआ है कि आरोपी सप्लायर से वाट्स-एप कालिंग और इंटरनेट के जरिए संपर्क करता था। खरीदे गए माल की कीमत हमेशा कैश में ही दी जाती थी। इसको लेकर पुलिस इस पूरे नेटवर्क की परते खंगाल रही है। पुलिस कर रही मामले की जांच पुलिस प्रवक्ता यशपाल ने जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है। इस नेटवर्क में शामिल किसी भी सदस्य को छोड़ा नही जाएगा।
बदलते मौसम और लगातार बढ़ते वैश्विक तापमान (Global Warming) का असर अब सिर्फ खेती, पर्यावरण या ग्लेशियरों तक सीमित नहीं रहा है, बल्कि यह हमारे बेडरूम तक पहुंच चुका है और हमारी सेहत की सबसे जरूरी कड़ी यानी 'नींद' (Sleep) को बुरी तरह प्रभावित कर रहा है। पिछले कुछ वर्षों में भारत के बड़े शहरों में न केवल दिन का पारा चढ़ा है, बल्कि रात की गर्मी (Nighttime Warming) में भी रिकॉर्ड बढ़ोतरी दर्ज की गई है।हाल ही में पर्यावरण अनुसंधान से जुड़ी अंतरराष्ट्रीय संस्था 'क्लाइमेट सेंट्रल' (Climate Central) ने एक बेहद चौंकाने वाली स्टडी जारी की है। इस स्टडी में साल 2020 से 2025 के बीच दुनिया के 1,300 से ज्यादा शहरों और भारत के 100 से अधिक प्रमुख शहरों के तापमान और इंसानी नींद के आंकड़ों का गहन विश्लेषण (Analysis) किया गया है। रिपोर्ट के निष्कर्ष बताते हैं कि भारत के महानगरों में रहने वाले लोग हर साल कई घंटों की जरूरी नींद सिर्फ रात की बढ़ती गर्मी के कारण खो रहे हैं।नींद खोने के मामले में चेन्नई और मुंबई सबसे आगे (Metros Data)Climate Central की रिपोर्ट के मुताबिक, तटीय और अत्यधिक आबादी वाले महानगरों में रात का तापमान सामान्य से कहीं ज्यादा बना रहता है, जिसके कारण वहां के नागरिकों की सालाना नींद में भारी कटौती दर्ज की गई है:प्रभावित भारतीय शहर (Cities)प्रति वर्ष कम होने वाली अनुमानित नींद (घंटे)चेन्नई (Chennai - सबसे प्रभावित)93 घंटे प्रति वर्षमुंबई (Mumbai)84 घंटे प्रति वर्षकोलकाता (Kolkata)80 घंटे प्रति वर्षअहमदाबाद (Ahmedabad)78 घंटे प्रति वर्षहैदराबाद (Hyderabad)75 घंटे प्रति वर्षबेंगलुरु (Bengaluru)67 घंटे प्रति वर्षदिल्ली (Delhi)66 घंटे प्रति वर्षपुणे (Pune)65 घंटे प्रति वर्षक्लाइमेट चेंज का सीधा कनेक्शन:विशेषज्ञों के अनुसार, इन सभी शहरों में हर साल नींद कम होने के कुल समय में से करीब 5 से 8 घंटे की सीधी कमी सीधे तौर पर 'क्लाइमेट चेंज' (जलवायु परिवर्तन) की वजह से बढ़े हुए रातों के तापमान से जुड़ी हुई है।गर्म रातें हमारी नींद और शरीर को कैसे प्रभावित करती हैं? (Scientific Reason)चिकित्सा विज्ञान और इस स्टडी के अनुसार, एक आरामदायक और गहरी नींद (Deep Sleep) में जाने के लिए मानव शरीर का आंतरिक तापमान (Core Body Temperature) स्वाभाविक रूप से थोड़ा कम होना बेहद जरूरी होता है।शरीर को ठंडा होने में दिक्कत: जब रात के समय बाहरी वातावरण या कमरे का तापमान बहुत गर्म और उमस भरा होता है, तो शरीर को खुद को प्राकृतिक रूप से ठंडा करने में बहुत मशक्कत करनी पड़ती है।बार-बार नींद टूटना: इस थर्मल स्ट्रेस (Thermal Stress) के कारण व्यक्ति को या तो जल्दी नींद नहीं आती, या फिर रात में बार-बार उसकी आंख खुलती है।लंबे समय तक नींद की कमी से सेहत को 4 बड़े नुकसानलगातार अच्छी और पर्याप्त नींद न मिलने का असर केवल अगले दिन की थकान तक सीमित नहीं रहता, बल्कि यह शरीर में कई गंभीर बीमारियों को जन्म देता है:मानसिक स्वास्थ्य पर असर: नींद पूरी न होने से सुबह उठते ही भारीपन, दिनभर चिड़चिड़ापन, तनाव और किसी भी काम में ध्यान (Concentration) लगाने में भारी परेशानी होती है।हार्ट और नसों की बीमारियां: लंबे समय तक (Chronic) नींद की कमी रहने से शरीर में ब्लड प्रेशर अनियंत्रित हो सकता है, जिससे दिल के दौरे (Heart Attack) और नसों से जुड़ी गंभीर समस्याओं का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।कार्यक्षमता में गिरावट: ऑफिस या कार्यस्थल पर नींद आने के कारण परफॉर्मेंस खराब होती है और मानवीय गलतियां (Human Errors) होने की आशंका बढ़ जाती है।दुर्घटनाओं का जोखिम: ड्राइव करते समय या सड़क पर चलते वक्त झपकी आने के कारण जानलेवा सड़क दुर्घटनाओं (Road Accidents) का ग्राफ तेजी से बढ़ रहा है।भीषण गर्मी और उमस में भी अच्छी नींद पाने के 6 बेहतरीन टिप्सयदि आप भी बदलते मौसम के इस दौर में अपनी रातों की नींद को सुरक्षित रखना चाहते हैं, तो हेल्थ एक्सपर्ट्स द्वारा बताए गए इन उपायों को जरूर आजमाएं:कमरे का तापमान नियंत्रित रखें: सोने से पहले कमरे को जितना हो सके ठंडा और हवादार बनाएं। एयर कंडीशनर (AC) या पंखे को एक आरामदायक तापमान (24C से 26C) पर सेट करें।सोने का फिक्स रूटीन: रोजाना रात को एक ही निश्चित समय पर सोने जाएं और सुबह एक ही तय समय पर उठें। इससे शरीर की आंतरिक जैविक घड़ी (Circadian Rhythm) मजबूत होती है।गैजेट्स से दूरी बनाएं: सोने से कम से कम 1 घंटा पहले मोबाइल, लैपटॉप या टीवी की स्क्रीन देखना बिल्कुल बंद कर दें। इनकी नीली रोशनी (Blue Light) नींद लाने वाले 'मेलाटोनिन' हार्मोन को बनने से रोकती है।हल्का भोजन और कैफीन से परहेज: रात को सोने से ठीक पहले भारी या अत्यधिक मसालेदार भोजन न करें। साथ ही शाम के बाद चाय, कॉफी या सॉफ्ट ड्रिंक्स जैसे कैफीन युक्त पदार्थों के सेवन से बचें।ढीले सूती कपड़े और हाइड्रेशन: सोते समय हमेशा हल्के, ढीले और सूती (Cotton) कपड़े पहनें ताकि पसीना आसानी से सूख सके। दिनभर और सोने से पहले पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं ताकि शरीर हाइड्रेटेड रहे।दिन में शारीरिक गतिविधि: रोजाना सुबह या शाम को नियमित रूप से व्यायाम, योग या वॉक (Physical Activity) करें। इससे शरीर की ऊर्जा का सही इस्तेमाल होता है और रात में जल्दी व गहरी नींद आती है।ध्यान दें: यदि तमाम उपायों के बाद भी आपको लंबे समय से अनिद्रा (Insomnia), बार-बार नींद टूटने या सुबह उठने पर अत्यधिक थकान रहने की समस्या बनी हुई है, तो इसे नजरअंदाज करने के बजाय किसी विशेषज्ञ डॉक्टर से सलाह लेना ही सबसे बेहतर विकल्प है।
दिल्ली कैंट रेलवे स्टेशन के मेजर अपग्रेडेशन का असर जयपुर सहित पूरे प्रदेश के यात्रियों पर पड़ेगा। क्योंकि उत्तर रेलवे के दिल्ली मंडल में प्लेटफॉर्म संख्या 2 और 3 पर निर्माण कार्य के लिए ब्लॉक लिए जाने के कारण 15 जुलाई से अक्टूबर तक 19 ट्रेनों का दिल्ली कैंट स्टेशन पर स्टॉपेज अस्थाई रूप से बंद कर दिया गया है। सीपीआरओ अमित सुदर्शन के अनुसार निर्माण कार्य के दौरान ट्रेनों का संचालन तो होगा, लेकिन ये दिल्ली कैंट स्टेशन पर नहीं रुकेंगी। दरअसल जयपुर, अजमेर, सीकर, जोधपुर, बीकानेर और उदयपुर से बड़ी संख्या में यात्री दिल्ली कैंट स्टेशन पर उतरते हैं। यहां से द्वारका, पालम, गुरुग्राम, एयरपोर्ट और पश्चिमी दिल्ली तक पहुंचना आसान होता है, लेकिन अब यात्रियों को दिल्ली सराय रोहिल्ला, नई दिल्ली या अन्य स्टेशनों का विकल्प अपनाना पड़ेगा। इससे सराय रोहिल्ला और नई दिल्ली स्टेशन पर यात्रियों का दबाव बढ़ेगा। रेलवे का कहना है कि यह व्यवस्था अस्थायी है और स्टेशन के आधुनिकीकरण के बाद यात्री सुविधाएं पहले से बेहतर होंगी। इसलिए यात्रियों को यात्रा से पहले अपने ट्रेन के स्टॉपेज और समय की जानकारी अवश्य जांच लेने की सलाह दी गई है। ये हैं प्रभावित ट्रेनें
दिल्ली में आयोजित 'भारत टेक्स-2026' और 'इंटरैक्टिव सेशन ऑन इन्वेस्टमेंट अपॉर्च्युनिटीज इन मध्यप्रदेश' में एमपी को रोजगार की दिशा में बड़ा आश्वासन मिला है। इन दोनों बड़े आयोजनों के माध्यम से मप्र को कुल ₹20,193 करोड़ के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। इससे प्रदेश में लगभग 27,592 लोगों के लिए प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के नए अवसर पैदा होने की संभावना है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने निवेशकों को भरोसा दिलाया कि मध्यप्रदेश देश के अग्रणी निवेश गंतव्यों में अपनी स्थिति को और मजबूत करते हुए 'विकसित भारत-2047' के लक्ष्य में अपना सर्वश्रेष्ठ योगदान देगा। निवेशकों को मुख्यमंत्री की 10 गारंटियां और GIS-2027 का आमंत्रण मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने नई दिल्ली के होटल द लीला पैलेस में देश-विदेश के उद्योगपतियों और वैश्विक ब्रांड प्रतिनिधियों को संबोधित किया। उन्होंने मध्यप्रदेश को देश का उभरता हुआ औद्योगिक एवं टेक्सटाइल हब बताते हुए कहा कि राज्य निवेशकों के लिए नीति, नीयत, प्रतिभा, प्रवृत्ति, सुविधा, सामर्थ्य, ऊर्जा, उत्साह, सेवा और सुरक्षा की 10 गारंटियां लेकर आया है। मुख्यमंत्री ने सभी निवेशकों को जनवरी 2027 में आयोजित होने वाली 'ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट' (GIS-2027) में भाग लेने का विशेष आमंत्रण दिया और उन्हें अनुकूल नीतियों तथा त्वरित प्रशासनिक सहयोग का भरोसा दिलाया। भारत टेक्स-2026: वस्त्र और परिधान क्षेत्र में ₹1,592 करोड़ का निवेश भारत मंडपम में आयोजित टेक्सटाइल राउंडटेबल के दौरान मध्यप्रदेश के वस्त्र उद्योग को एक नई दिशा मिली। इस सत्र में प्रदेश के वस्त्र एवं परिधान उद्योग, पीएम मित्र टेक्सटाइल पार्क, तकनीकी वस्त्र, कौशल विकास और निर्यात संवर्धन पर गहन मंथन हुआ। इस विशेष आयोजन के माध्यम से प्रदेश को वस्त्र क्षेत्र में ₹1,592 करोड़ के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिनसे कपड़ा उद्योग के क्षेत्र में लगभग 15,700 रोजगार के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है। रक्षा, डेटा सेंटर और भारी उद्योगों में ₹18,601 करोड़ का निवेश दिल्ली निवेश संवाद में अत्याधुनिक और रणनीतिक क्षेत्रों में भारी निवेश के प्रस्ताव आए हैं। रक्षा, डेटा सेंटर, ट्रांसफॉर्मर निर्माण, इलेक्ट्रॉनिक्स, नवीकरणीय ऊर्जा, इंजीनियरिंग, ऑप्टिकल उत्पाद और खिलौना उद्योग जैसे विभिन्न क्षेत्रों में राज्य को ₹18,601 करोड़ के निवेश प्रस्ताव मिले। इस निवेश से लगभग 11,892 लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है। इसमें ब्रह्मास्त्र एक्सप्लोसिव, सीमेंस एनर्जी, सिटाक रे, सनब्रिज डिफेन्स, हिमाचल फ्यूचरिस्टिक कम्युनिकेशंस और वीरा इलेक्ट्रॉनिक्स जैसी प्रमुख कंपनियों ने अपने प्रस्ताव दिए हैं। कई देशों के प्रतिनिधियों से वन-टू-वन बैठक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर व्यापार विस्तार के लिए मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विभिन्न देशों के मंत्रियों और राजनयिकों के साथ वन-टू-वन बैठकें कीं। श्रीलंका के उद्योग मंत्री सुनील हंदुन्नेत्ती और ब्राजील के राजदूत केनेथ फेलिक्स के साथ कृषि, जैव ईंधन, खनन और एयरोस्पेस पर सार्थक चर्चा हुई। वहीं रूसी वित्तीय प्रतिनिधिमंडल, इटली और फ्रांस के प्रतिनिधियों के साथ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डिजिटल इनोवेशन, एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग, खाद्य प्रसंस्करण और औद्योगिक डीकार्बोनाइजेशन जैसे भविष्य के क्षेत्रों में मिलकर काम करने पर सहमति बनी। वैश्विक व्यापार और निर्यात बढ़ाने के लिए सात महत्वपूर्ण एमओयू मप्र में व्यापारिक पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करने के लिए एमपीआईडीसी (MPIDC) ने सात महत्वपूर्ण समझौतों (MoUs) पर हस्ताक्षर किए। फेडरेशन ऑफ इंडियन एक्सपोर्ट ऑर्गनाइजेशन्स (FIEO) और एसोचैम के साथ औद्योगिक सहयोग बढ़ाने पर सहमति बनी, जबकि अमेज़न ग्लोबल सेलिंग के साथ हुए समझौते से प्रदेश के छोटे उद्योगों (MSME) और शिल्पकारों को ई-कॉमर्स के माध्यम से वैश्विक बाजार मिलेगा। इसके अलावा विभिन्न अपैरल और टेक्सटाइल एक्सपोर्ट काउंसिल्स के साथ मिलकर वस्त्र निर्यात को बढ़ावा देने और बायर-सेलर मीट आयोजित करने पर भी समझौता हुआ। उद्योगों के विकास के लिए तैयार है मध्यप्रदेश का मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर कार्यक्रम के दौरान प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा राज्य की मजबूत नीतियों और बुनियादी ढांचे का विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया गया। निवेशकों को बताया गया कि मध्यप्रदेश में वर्तमान में 5 लाख किलोमीटर से अधिक का सड़क नेटवर्क, 8 क्रियाशील एयरपोर्ट, 6 अंतर्देशीय कंटेनर डिपो और उद्योगों के लिए सवा लाख एकड़ से अधिक का बड़ा लैंड बैंक उपलब्ध है। इसके साथ ही पर्याप्त बिजली-पानी की उपलब्धता, नए फूड पार्क, आईटी पार्क और मल्टी-मॉडल लॉजिस्टिक्स सुविधाओं का विस्तार राज्य को निवेश के लिए सबसे उत्तम स्थान बनाता है।
देश के बड़े और प्रमुख महानगरों में रहने वाले नौकरीपेशा लोगों और छात्रों के लिए किराए पर मकान ढूंढना अब जेब पर भारी पड़ने लगा है। शहरों में न केवल मासिक किराया (Monthly Rent) आसमान छू रहा है, बल्कि मकान मालिकों द्वारा मांगा जाने वाला भारी-भरकम सिक्योरिटी डिपॉजिट (Security Deposit) भी किरायेदारों के बजट को पूरी तरह बिगाड़ रहा है।प्रॉपटेक यूनिकॉर्न कंपनी नोब्रोकर (NoBroker) की एक ताजा और बेहद चौंकाने वाली रिपोर्ट के मुताबिक, देश के 6 सबसे बड़े महानगरों—मुंबई महानगर क्षेत्र (MMR), बेंगलुरु, दिल्ली-एनसीआर, चेन्नई, हैदराबाद और पुणे में रहने वाले किरायेदारों की कुल ₹1.26 लाख करोड़ की विशाल राशि मकान मालिकों के पास सिर्फ सिक्योरिटी डिपॉजिट के रूप में फंसी हुई है। यह भारी-भरकम रकम शहरी भारत के हाउसिंग मार्केट में आ रहे बड़े संकट की ओर इशारा करती है।बेंगलुरु और मुंबई में डिपॉजिट का सबसे तगड़ा झटकानोब्रोकर की रिपोर्ट के अनुसार, सिक्योरिटी डिपॉजिट के मामले में देश की आर्थिक राजधानी मुंबई और आईटी हब बेंगलुरु सबसे आगे हैं। इन शहरों में घर किराए पर लेने के लिए किरायेदारों को अपनी जमा-पूंजी का एक बड़ा हिस्सा एडवांस के तौर पर देना पड़ रहा है:महानगर / शहर (Metros)मकान मालिकों के पास फंसा कुल सिक्योरिटी डिपॉजिटमुंबई महानगर क्षेत्र (MMR)₹41,156 करोड़बेंगलुरु (Bengaluru)₹31,628 करोड़पसंदीदा घर चुनने में किराया नहीं, डिपॉजिट बन रहा सबसे बड़ी बाधाबेंगलुरु शहर में हालात इस कदर चुनौतीपूर्ण हो चुके हैं कि वहां के 75% किरायेदारों ने यह स्वीकार किया कि अत्यधिक सिक्योरिटी डिपॉजिट मांगे जाने के कारण वे कई बार अपनी पसंद का घर चाहकर भी किराए पर नहीं ले पाए। यानी अब मिडिल क्लास परिवारों के लिए घर का चुनाव करते समय मासिक किराया उतना बड़ा मुद्दा नहीं रहा, जितना कि शुरुआत में एकमुश्त जमा की जाने वाली एडवांस रकम बन गई है।दूसरी तरफ, देश की राजधानी दिल्ली-एनसीआर (Delhi-NCR) में किरायेदारों के लिए स्थिति थोड़ी राहत जनक रही। यहां 58% किरायेदारों को उनकी लीज अवधि (Lease Period) खत्म होने के बाद पूरा डिपॉजिट सुरक्षित वापस मिल गया। हालांकि, करीब 30% लोगों के डिपॉजिट से मेंटेनेंस या टूट-फूट के नाम पर कुछ राशि काटी गई, जबकि 12% किरायेदारों को मकान मालिकों के साथ डिपॉजिट वापसी को लेकर गंभीर कानूनी व आपसी विवादों का सामना करना पड़ा।कमाई का 30 से 50 फीसदी हिस्सा सिर्फ किराए में हो रहा स्वाहाशहरी भारत में रहने वाले अधिकांश परिवारों के मासिक बजट का सबसे बड़ा हिस्सा अब सिर्फ मकान किराया चुकाने में खर्च हो रहा है। रिपोर्ट के आंकड़े बेहद चिंताजनक हैं:आय का 30% हिस्सा: मेट्रो शहरों में रहने वाले लगभग आधे (50%) किरायेदार अपनी कुल मासिक इनकम का 30% से अधिक हिस्सा सिर्फ किराए के रूप में दे रहे हैं।मुंबई के बदतर हालात: मुंबई में महंगाई और किराए का स्तर सबसे डरावना है। यहां 25% किरायेदार अपनी कुल सैलरी का 50% से ज्यादा हिस्सा सीधे मकान मालिक की जेब में डाल रहे हैं। वहीं, 15% लोग अपनी आय का 41% से 50% तक हिस्सा किराए में गंवा रहे हैं। आसान शब्दों में कहें तो मुंबई में हर 10 में से लगभग 4 किरायेदार अपनी कमाई का 40% से अधिक हिस्सा सिर्फ रहने पर खर्च करने को मजबूर हैं।'फोर्स्ड टेनेंसी' (Forced Tenancy): होम लोन की ईएमआई से सस्ता है किराया!रिपोर्ट में एक बेहद दिलचस्प ट्रेंड सामने आया है कि आज के समय में बड़े शहरों में अपना खुद का घर खरीदना पहले से कहीं ज्यादा नामुमकिन हो गया है। लगभग सभी टियर-1 शहरों में यदि कोई व्यक्ति 30 साल की अवधि के लिए होम लोन (Home Loan) लेता है, तो उसकी मासिक ईएमआई (EMI) उसी घर के वर्तमान मासिक किराए से काफी ज्यादा बैठती है।रियल एस्टेट विशेषज्ञों का मानना है कि प्रॉपर्टी की तेजी से बढ़ती कीमतों और महंगे होम लोन की ब्याज दरों के कारण शहरी भारत में फोर्स्ड टेनेंसी (मजबूरी में किराए पर रहना) की प्रवृत्ति बहुत तेजी से बढ़ रही है। लोग चाहकर भी भारी ईएमआई के डर से अपना आशियाना नहीं खरीद पा रहे हैं और ताउम्र किराएदार बने रहने को मजबूर हैं।छोटे फ्लैट और स्टूडियो अपार्टमेंट्स दे रहे हैं सबसे तगड़ा रिटर्न (Investors Guide)यदि आप रियल एस्टेट में निवेश (Investment) करने की सोच रहे हैं, तो बड़े फ्लैटों की तुलना में छोटे फ्लैट मकान मालिकों के लिए ज्यादा मुनाफे का सौदा साबित हो रहे हैं:1BHK और स्टूडियो अपार्टमेंट का जलवा: नोब्रोकर की रिपोर्ट के अनुसार, निवेश के लिहाज से 1BHK और कॉम्पैक्ट स्टूडियो अपार्टमेंट्स सबसे बेहतरीन विकल्प बनकर उभरे हैं, क्योंकि इनसे मिलने वाली रेंटल यील्ड (Rental Yield) बड़े फ्लैटों के मुकाबले काफी ज्यादा है।बेंगलुरु-हैदराबाद नंबर 1: देश के प्रमुख शहरों में सबसे ज्यादा रेंटल यील्ड बेंगलुरु में 4.8% और हैदराबाद में 4.6% दर्ज की गई है। इसके विपरीत, 4BHK जैसे बड़े और आलीशान फ्लैटों में सालाना रेंटल यील्ड सिमटकर 3% से भी कम रह जाती है।बढ़ते किराए, सुरक्षा जमा की ऊंची दरों और महंगी संपत्तियों के कारण शहरी भारत का रियल एस्टेट मार्केट एक बड़े बदलाव के दौर से गुजर रहा है। ऐसे में किरायेदारों और निवेशकों, दोनों के लिए कोई भी नया एग्रीमेंट करने से पहले गहन रिसर्च करना बेहद जरूरी हो गया है।
नोएडा में महिला ने किया सुसाइड:पति शव लेकर पहुंचा दिल्ली, वहां से हुआ फरार, भाई ने दर्ज कराया केस
एक्सप्रेसवे थाना क्षेत्र के नगली वाजिदपुर गांव स्थित जेजे कॉलोनी में रहने वाली एक महिला ने बुधवार को सुसाइड कर लिया। पति को लेकर दिल्ली में रहने वाले महिला के भाई के पास पहुंच गया और शव को छोड़कर भाग गया। मृतका के भाई ने बहनोई के खिलाफ गुरुवार को मुकदमा दर्ज कराया है। शव लेकर पहुंचा घरदिल्ली के शाहीन बाग स्थित श्रम विहार निवासी देव कुमार ने पुलिस को बताया कि वह मूलरूप से जिला एटा के सराई अगित गांव के रहने वाले हैं। बहन गायत्री का विवाह राजेंद्र के साथ हुआ था। दोनों अपने बच्चों के साथ नोएडा के नगली वाजिदपुर गांव में रहते थे। दोनों साफ-सफाई का काम करते थे। 15 जुलाई की दोपहर करीब दो बजे बहनोई राजेंद्र उनकी बहन के शव को लेकर दिल्ली उनके पास पहुंचा। बोला शव का अंतिम संस्कार करना हैउसने बताया कि गायत्री से उसका किसी बात को लेकर झगड़ा हो गया था, जिसके बाद गायत्री ने फंदा लगाकर सुसाइड कर लिया। शव का अंतिम संस्कार करना है। यह बताने के बाद शव को छोड़कर वहां से भाग गया। शिकायतकर्ता ने अपने बहनोई को काफी खोजा, लेकिन कहीं पता नहीं चला। इसके बाद उसने पुलिस को सूचना दी और शव का पोस्टमार्टम कराते हुए मुकदमा दर्ज कराया। पति की तलाश की जा रही है।
नई दिल्ली। दिल्ली हाईकोर्ट ने बुधवार को केंद्र सरकार को निर्देश दिया है कि वह जंतर-मंतर पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की रोजाना चिकित्सकीय निगरानी सुनिश्चित करे। न्यायालय ने बेहद कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि वांगचुक की बिगड़ती सेहत को सुधारने के लिए आवश्यक कोई भी चिकित्सकीय हस्तक्षेप सरकार […] The post दिल्ली हाईकोर्ट ने केंद्र सरकार को सोनम वांगचुक की रोजाना चिकित्सकीय निगरानी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया appeared first on Sabguru News .
भारत ने पशु चिकित्सा विज्ञान के क्षेत्र में एक अभूतपूर्व और ऐतिहासिक सफलता अर्जित की है। भोपाल स्थित 'राष्ट्रीय उच्च सुरक्षा पशुरोग संस्थान' (ICAR-NIHSAD) के वैज्ञानिकों ने शूकरों (सुअरों) के लिए विश्व की अपनी तरह की पहली अत्यंत सुरक्षित, स्वदेशी और 'MA-104 कोशिका-आधारित जीवित क्षीणीकृत' अफ्रीकन स्वाइन फीवर (ASF) वैक्सीन सफलतापूर्वक तैयार कर ली है। इस क्रांतिकारी खोज को भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) के 98वें स्थापना दिवस समारोह में देश को समर्पित किया गया। ऐतिहासिक लोकार्पण और देश के प्रति समर्पण इस ऐतिहासिक और मील का पत्थर साबित होने वाली स्वदेशी वैक्सीन को माननीय केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण और ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा नई दिल्ली के एनएएससी (NASC) परिसर में आयोजित आईसीएआर के 98वें स्थापना दिवस समारोह में राष्ट्र को समर्पित किया गया। इस अवसर पर केंद्रीय पशुपालन मंत्री राजीव रंजन सिंह, राज्य मंत्रियों सहित आईसीएआर के महानिदेशक एमएल जाट और अन्य शीर्ष प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। यह तकनीक भोपाल के राष्ट्रीय उच्च सुरक्षा पशुरोग संस्थान (NIHSAD) के निदेशक डा. अनिकेत सान्याल के कुशल नेतृत्व में वैज्ञानिक दल जिसमें डा. डी. सेंथिल कुमार, डा. के. राजूकुमार, डा. जी. वेंकटेश और डा. फतेह सिंह शामिल हैं, की वर्षों की कड़ी मेहनत का परिणाम है। स्वदेशी वैक्सीन की विशेषताएं भोपाल के वैज्ञानिकों द्वारा तैयार की गई यह वैक्सीन व्यवसायिक रूप से उपलब्ध MA-104 सेल लाइन पर आधारित है, जिससे इसका बड़े पैमाने पर और बेहद कम लागत में उत्पादन करना आसान हो गया है। परीक्षणों के दौरान इस जीवित क्षीणीकृत वैक्सीन ने सुरक्षा, आनुवंशिक स्थिरता और प्रतिरक्षण क्षमता के मामले में उत्कृष्ट परिणाम दिए हैं। वैक्सीन की मात्र 1 मिलीलीटर की खुराक गर्दन की मांसपेशियों (अंतःपेशीय) में दी जाती है, जिसके 14 दिनों के बाद एक बूस्टर डोज दी जाती है। यह टीका 8 सप्ताह से अधिक आयु के स्वस्थ सुअरों के लिए पूर्णतः अनुकूल है और इसके प्रभाव से सुअरों में 6 महीने तक मजबूत रोग-प्रतिरोधक क्षमता (एंटीबॉडी) बनी रहती है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि इस वैक्सीन के उपयोग से वायरस के पुनः रोगजनक बनने (Reversion to Virulence) का कोई खतरा नहीं पाया गया है। 2020 में हुई थी इस बीमारी की पुष्टि अफ्रीकन स्वाइन फीवर (ASF) सुअरों में होने वाला एक अत्यंत संक्रामक और जानलेवा विषाणुजनित (वायरल) रोग है। इस बीमारी में सुअरों की मृत्यु दर शत-प्रतिशत (100%) तक होती है, जिसके चलते यह सुअर पालन उद्योग के लिए सबसे बड़ा अभिशाप माना जाता है। भारत में साल 2020 में पहली बार इस बीमारी की पुष्टि हुई थी, जिसके बाद से यह कई राज्यों में फैलकर देश के पशुधन क्षेत्र के लिए एक गंभीर चुनौती बना हुआ था। अब तक देश में इस बीमारी का कोई स्वीकृत व्यावसायिक टीका उपलब्ध नहीं था, जिससे निपटने के लिए केवल बीमार पशुओं को मारने (कलिंग) और सख्त जैव-सुरक्षा नियमों का पालन करने जैसे निराशाजनक कदम उठाने पड़ते थे। यह नई वैक्सीन देश के करोड़ों गरीब और मध्यमवर्गीय शूकर पालकों को भारी आर्थिक तबाही से बचाएगी। इंसानों को वायरस से खतरा नहीं आमतौर पर 'स्वाइन फ्लू' (H1N1) जैसी बीमारियों के कारण आम जनता में यह भय रहता है कि यह बीमारी सुअरों से इंसानों में फैल सकती है। परंतु वैज्ञानिकों ने स्पष्ट किया है कि अफ्रीकन स्वाइन फीवर (ASF) एक गैर-संक्रामक (नॉन-जूनोटिक) बीमारी है। इसका सीधा अर्थ यह है कि यह वायरस सुअरों से इंसानों में बिल्कुल नहीं फैलता और इंसानों को इससे संक्रमित होने का कोई शारीरिक खतरा नहीं है। हालांकि, इंसानों पर इसका परोक्ष (Indirect) असर बेहद विनाशकारी होता है। सुअरों की अत्यधिक मृत्यु दर के कारण ग्रामीण क्षेत्रों की अर्थव्यवस्था चरमरा जाती है और किसानों की आजीविका छिन जाती है। इसके अतिरिक्त, खाद्य श्रृंखला बाधित होने से खाद्य सुरक्षा का संकट खड़ा होता है तथा मांस की कीमतों में भारी उछाल आता है, जिससे अप्रत्यक्ष रूप से समाज का हर वर्ग प्रभावित होता है। कई देशों के लिए अफ्रीकन स्वाइन फ्लू बड़ी चुनौती यह आविष्कार न केवल भारत को पशु स्वास्थ्य के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाता है, बल्कि यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘आत्मनिर्भर भारत’ और 'मेक इन इंडिया' दृष्टिकोण को भी नई ऊंचाई प्रदान करता है। चूंकि अफ्रीकन स्वाइन फीवर दुनिया भर के कई देशों के लिए एक गंभीर सिरदर्द बना हुआ है, इसलिए भारत में निर्मित इस सस्ती और उच्च गुणवत्ता वाली वैक्सीन का निर्यात वैश्विक स्तर पर उन देशों को किया जा सकेगा जो इस महामारी से बुरी तरह प्रभावित हैं। इससे वैश्विक मंच पर भारत की वैज्ञानिक प्रतिष्ठा और मजबूत होगी और विदेशी मुद्रा के अर्जन के नए रास्ते भी खुलेंगे।
जैसलमेर से दिल्ली जाने वाले रेल यात्रियों के लिए जरूरी खबर है। दिल्ली कैंट रेलवे स्टेशन पर चल रहे मेजर अपग्रेडेशन कार्य के कारण उत्तर रेलवे के दिल्ली मंडल ने जैसलमेर-दिल्ली रेलसेवा के संचालन में बदलाव किया है। अब गाड़ी संख्या 14088 जैसलमेर-दिल्ली एक्सप्रेस दिल्ली कैंट रेलवे स्टेशन पर नहीं रुकेगी। यह व्यवस्था 15 जुलाई 2026 से लागू हो चुकी है और 12 अक्टूबर 2026 तक प्रभावी रहेगी। प्लेटफॉर्म पर निर्माण कार्य के कारण लिया गया ब्लॉक मंडल रेल प्रबंधक अनुराग त्रिपाठी ने बताया कि दिल्ली कैंट स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या 2 और 3 पर निर्माण कार्य किया जा रहा है। इसके लिए ब्लॉक लिया गया है, जिससे रेल संचालन अस्थायी रूप से प्रभावित रहेगा। इस दौरान दिल्ली कैंट उतरने वाले यात्रियों को अन्य नजदीकी रेलवे स्टेशनों का उपयोग करना होगा। राजस्थान की कई ट्रेनें भी होंगी प्रभावित दिल्ली कैंट रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास कार्य का असर केवल जैसलमेर-दिल्ली एक्सप्रेस पर ही नहीं पड़ेगा। जोधपुर और बीकानेर मंडल से आने-जाने वाली कई अन्य महत्वपूर्ण ट्रेनें भी इस अवधि में प्रभावित रहेंगी। रेलवे प्रशासन समय-समय पर इनके संचालन में आवश्यक बदलाव करेगा। यात्रा से पहले शेड्यूल जरूर जांचें रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि यात्रा शुरू करने से पहले ट्रेनों की समय-सारणी, स्टॉपेज और बदले हुए रूट की जानकारी रेलवे पूछताछ सेवा या आधिकारिक रेलवे ऐप के माध्यम से जरूर जांच लें, ताकि यात्रा के दौरान किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
दिल्ली सरकार ने राजधानी को देश का अग्रणी नवाचार और उद्यमिता केंद्र बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए दिल्ली स्टार्टअप एवं इनक्यूबेशन नीति को मंजूरी दे दी है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि अगले पांच वर्षों में इस नीति पर 400 करोड़ रुपए से अधिक खर्च किए जाएंगे। इसका उद्देश्य युवाओं को अपने विचारों को सफल स्टार्टअप में बदलने के लिए वित्तीय सहायता, मार्गदर्शन और संसाधन उपलब्ध कराना है। गुरुवार को कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि यह नीति युवाओं को नौकरी तलाशने वाला नहीं, बल्कि नौकरी देने वाला बनाने की दिशा में अहम पहल है। इसके तहत 11 राज्य विश्वविद्यालयों, 13 सरकारी वित्त पोषित कॉलेजों, पॉलिटेक्निक, आईटीआई और अन्य शैक्षणिक संस्थानों में मजबूत नवाचार पारिस्थितिकी तंत्र विकसित किया जाएगा। एकमुश्त वित्तीय सहायता देगी सरकार : रेखा गुप्ता सरकार पात्र संस्थानों में इन्क्यूबेशन सेंटर स्थापित करने और उन्हें सशक्त बनाने के लिए एकमुश्त वित्तीय सहायता देगी। साथ ही, इनके संचालन, मेंटरिंग, नेटवर्किंग और नवाचार गतिविधियों के लिए वार्षिक अनुदान भी उपलब्ध कराया जाएगा। स्टार्ट-अप्स को प्रोटोटाइप, प्रूफ ऑफ कॉन्सेप्ट, उत्पाद विकास, बाजार परीक्षण और व्यवसायीकरण जैसे विभिन्न चरणों में माइलस्टोन आधारित सहायता मिलेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं को विशेषज्ञों का मार्गदर्शन, बौद्धिक संपदा से जुड़ी सहायता, प्रयोगशालाओं तक पहुंच और निवेशकों से जुड़ने के अवसर भी उपलब्ध होंगे। नीति के क्रियान्वयन की निगरानी स्टेट इन्क्यूबेशन पॉलिसी मॉनिटरिंग कमेटी (एसआईपीएमसी) करेगी। इसके अलावा, दिल्ली सरकार हर वर्ष ‘दिल्ली स्टार्टअप युवा महोत्सव’ का आयोजन करेगी, जिसमें स्टार्टअप, निवेशक, शिक्षण संस्थान और नीति निर्माता एक मंच पर आएंगे। स्टार्ट-अप नीति की प्रमुख बातें छात्रों के लिए दो बड़ी घोषणाएं
हरियाणा सरकार की 28 जुलाई को प्रस्तावित कैबिनेट बैठक कई अहम फैसलों के लिहाज से महत्वपूर्ण मानी जा रही है। हालांकि बैठक का आधिकारिक एजेंडा अभी जारी नहीं हुआ है, लेकिन सरकार के विभिन्न विभागों में लंबित प्रस्तावों और हालिया प्रशासनिक गतिविधियों को देखते हुए उद्योग, कर्मचारियों, कृषि, शहरी विकास और आगामी विधानसभा सत्र से जुड़े कई महत्वपूर्ण मामलों पर चर्चा होने की संभावना है। बैठक की अध्यक्षता मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी करेंगे। माना जा रहा है कि आगामी विधानसभा सत्र में पेश किए जाने वाले विधेयकों को अंतिम मंजूरी देने के साथ-साथ कई नीतिगत फैसलों पर भी कैबिनेट की सहमति ली जाएगी। सरकार आगामी विधानसभा सत्र में कई संशोधन विधेयक पेश करने की तैयारी में है। ऐसे में संबंधित विधेयकों को कैबिनेट से मंजूरी मिलने की संभावना है। इनमें प्रशासनिक सुधार, विभागीय नियमों में संशोधन और जनहित से जुड़े प्रस्ताव शामिल हो सकते हैं। उच्च शिक्षा संस्थानों, मेडिकल कॉलेजों, स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार और विभिन्न विभागों में पद सृजन या भर्ती संबंधी प्रस्तावों पर भी कैबिनेट विचार कर सकती है। दिल्ली की तर्ज पर हरियाणा ई-वाहन (EV) नीति हरियाणा के उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राव नरबीर सिंह ने चंडीगढ़ में हरियाणा ई-वाहन (EV) नीति की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की थी। जिसमें उन्होंनें इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने और खरीदारों को राहत देने को लेकर चर्चा की थी। मंत्री ने कहा था कि इलेक्ट्रिक दोपहिया, तिपहिया और कारों पर मिलने वाली सरकारी सब्सिडी सीधे लाभार्थी के खाते में दी जाए, ताकि ग्राहकों को वाहन खरीदते समय ही इसका लाभ मिल सके। मंत्री राव नरबीर सिंह ने दिल्ली की तर्ज पर गुरुग्राम और फरीदाबाद जैसे शहरों की ज़रूरतों को ध्यान में रखते हुए, हरियाणा ई-वाहन नीति-2022 में दिल्ली की तर्ज पर संशोधन करने को लेकर चर्चा की। ऐसे में संभव है कि कैबिनेट की बैठक में नई ईवी पॉलिसी पर मुहर लग जाए।
सोनम वांगचुक का अनशन 19वें दिन भी जारी, दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा- हर जिंदगी कीमती, दिया ये आदेश
वांगचुक के स्वास्थ्य को लेकर दायर जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए दिल्ली हाईकोर्ट ने उनके नियमित मेडिकल परीक्षण के निर्देश दिए। पीठ ने केंद्र सरकार की ओर से दिए गए आश्वासन पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि सरकारी डॉक्टर नियमित रूप से सोनम वांगचुक के स्वास्थ्य की जांच करें।
इंस्टाग्राम पर ओरिजिनल कंटेंट बनाने वाले क्रिएटर्स को निशाना बनाने के लिए मेटा के कॉपीराइट सिस्टम का गलत इस्तेमाल किया जा रहा है। अज्ञात लोग फेसबुक के एडिट फीचर का इस्तेमाल कर पोस्ट की तारीख बैकडेट में कर देते हैं और फिर असली क्रिएटर्स के कंटेंट पर फर्जी कॉपीराइट स्ट्राइक भेज रहे हैं। इस खेल के खिलाफ दो बड़े डिजिटल क्रिएटर्स पुष्कर राज ठाकुर और नीरज जोशी ने दिल्ली हाई कोर्ट में कॉमर्शियल सूट फाइल किया है। क्रिएटर्स ने कोर्ट में क्या आरोप लगाए? फाइनेंशियल एजुकेटर पुष्कर राज ठाकुर और डिजिटल क्रिएटर नीरज जोशी ने अलग-अलग दायर याचिकाओं में गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि कुछ अज्ञात लोग ओरिजिनल क्रिएटर्स को परेशान करने और उनके अकाउंट बंद कराने की धमकी देने के लिए फर्जी कॉपीराइट स्ट्राइक को हथियार बना रहे हैं। इस सिस्टम के चलते उनके ओरिजिनल कंटेंट को डिलीट करने या उनके इंस्टाग्राम अकाउंट को सस्पेंड/डिलीट करने का खतरा पैदा हो गया है। मेटा के ऑटोमेटेड सिस्टम पर उठे सवाल क्रिएटर्स का तर्क है कि मेटा का ऑटोमेटेड कॉपीराइट सिस्टम बिना किसी गहन जांच के काम कर रहा है। यह सिस्टम वीडियो के असली क्रिएटर, मेटाडेटा, एडिट हिस्ट्री या वास्तविक पब्लिशिंग क्रोनोलॉजी (अपलोड करने का सही समय) की जांच किए बिना ही स्ट्राइक की शिकायतों पर एक्शन ले लेता है। पुष्कर राज ठाकुर ने बताया कि इस फर्जी खेल की वजह से उनके दर्जनों वीडियो को हटा दिया गया, डिसेबल किया गया या रिस्ट्रिक्ट कर दिया गया। हैरानी की बात यह है कि मेटा ने ठाकुर को अपने 'राइट्स मैनेजर' टूल का एक्सेस देने से मना कर दिया, जबकि जालसाज इसी टूल का इस्तेमाल कर उनके खिलाफ लगातार फर्जी स्ट्राइक भेजते रहे। नीरज जोशी के केस में कोर्ट का आदेश डिजिटल क्रिएटर नीरज जोशी के मामले में 9 जुलाई को जस्टिस ज्योति सिंह की कोर्ट में सुनवाई हुई। कोर्ट ने मेटा के उस बयान को रिकॉर्ड किया, जिसमें कंपनी ने कहा कि अगर जोशी का अकाउंट अभी तक स्थायी रूप से बंद नहीं हुआ है, तो वे इन आरोपों की जांच करेंगे और उनके वेरिफाइड इंस्टाग्राम अकाउंट (@Neerajjoshi5014) को सुरक्षित रखेंगे। इसके साथ ही कोर्ट ने मेटा को निर्देश दिया है कि वह तीन हफ्ते के भीतर नीरज जोशी को संबंधित बेसिक सब्सक्राइबर इंफॉर्मेशन (BSI) और आईपी (IP) लॉग उपलब्ध कराए। इन जानकारियों से उन अज्ञात लोगों की पहचान करने में मदद मिल सकती है जो उनके अकाउंट के साथ छेड़छाड़ कर रहे हैं। मामले में समन जारी कर दिए गए हैं और जोशी की अंतरिम रोक वाली अर्जी पर अगली सुनवाई 5 अगस्त को होगी। पुष्कर राज ठाकुर के केस में क्या हुआ? जस्टिस तुषार राव गेडेला ने 29 मई को पुष्कर राज ठाकुर की याचिका पर सुनवाई करते हुए मेटा से पूछा था कि उसने अपने प्लेटफॉर्म के इस तरह के दुरुपयोग को रोकने के लिए क्या कदम उठाए हैं या वह क्या उपाय कर सकती है। इसके बाद 1 जुलाई को यह मामला जस्टिस अनूप जयराम भंभानी के सामने आया। सुनवाई के दौरान मेटा ने कोर्ट को आश्वासन दिया कि अगली सुनवाई तक ठाकुर के वीडियो को कॉपीराइट स्ट्राइक के आधार पर नहीं हटाया जाएगा। साथ ही बार-बार आ रही कॉपीराइट स्ट्राइक की वजह से उनका अकाउंट भी बंद नहीं किया जाएगा। मेटा ने यह भी सहमति दी कि जैसे ही ठाकुर उन्हें हटाए गए वीडियो के यूआरएल (URLs) सौंपेंगे, वे उन वीडियो को रिस्टोर कर देंगे। कोर्ट ने इन आश्वासनों को दर्ज करते हुए मामले की अगली सुनवाई 17 जुलाई तय की है। क्रिएटर्स ने मेटा से मांगा ₹2 करोड़ का मुआवजा पुष्कर राज ठाकुर ने कोर्ट से मांग की है कि मेटा को उनके ओरिजिनल कंटेंट को ऐसे फर्जी और बैकडेटेड दावों के आधार पर हटाने से रोका जाए। उन्होंने कंपनी को राइट्स मैनेजर टूल के भीतर केवाईसी (KYC) सुरक्षा उपाय, टाइमस्टैम्प सुरक्षा, मेटाडेटा वेरिफिकेशन और एंटी-मैनिपुलेशन प्रोटोकॉल लागू करने के निर्देश देने की भी मांग की है। इसके अलावा, ठाकुर ने उनके फॉलोअर्स घटने, मोनेटाइजेशन के मौके गंवाने, स्पॉन्सरशिप के नुकसान और उनकी कॉमर्शियल साख को ठेस पहुंचने के एवज में मेटा और अज्ञात जालसाजों से लगभग ₹2 करोड़ के हर्जाने की मांग की है। इस तरह के मामलों ने डिजिटल क्रिएटर्स के बीच चिंता बढ़ा दी है, क्योंकि ओरिजिनल कंटेंट की सुरक्षा के लिए बने कॉपीराइट टूल्स का इस्तेमाल अब खुद क्रिएटर्स को निशाना बनाने के लिए किया जा रहा है। इस विषय को लेकर दिल्ली हाई कोर्ट में एक जनहित याचिका (PIL) भी पेंडिंग है। क्या है मेटा का राइट्स मैनेजर और कॉपीराइट स्ट्राइक ये खबर भी पढ़ें… IRCTC की नई टिकट बुकिंग वेबसाइट लॉन्च: सभी क्लास की सीटें एकसाथ दिखेंगी, फास्टर चेकआउट' फीचर मिलेगा; कैप्चा नहीं भरना होगा भारतीय रेलवे की ऑनलाइन टिकट बुकिंग वेबसाइट IRCTC का नया वर्जन लॉन्च कर दिया गया है। इस अपग्रेड का मुख्य मकसद हर दिन टिकट बुक करने वाले लाखों यात्रियों के अनुभव को आसान और तेज बनाना है। अभी नई वेबसाइट का बीटा वर्जन लॉन्च किया गया है, यानी आम यात्रियों से फीडबैक के आधार पर इस वेबसाइट में बदलाव किया जाएगा। पूरी खबर पढ़ें…
गुरुग्राम में दिल्ली-जयपुर नेशनल हाईवे-48 पर एक चलती कार में अचानक आग लग गई। इस घटना से हाईवे पर अफरा-तफरी मच गई। कार चालक ने सूझबूझ दिखाते हुए तुरंत वाहन से कूदकर अपनी जान बचाई, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। देखते ही देखते आग ने पूरी कार को अपनी चपेट में ले लिया और गाड़ी धू-धू कर जलने लगी। कार में आग लगने की सूचना तत्काल फायर ब्रिगेड को दी गई। पानी का टैंकर रुकवा कर पाया आग पर काबू इसी दौरान, हाईवे से गुजर रहे एक पानी के टैंकर चालक ने रुककर आग बुझाने में मदद की। टैंकर के पानी से आग पर काफी हद तक काबू पाया गया। इसके बाद फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और आग को पूरी तरह से नियंत्रित किया। आग इतनी भीषण थी कि कुछ ही मिनटों में कार लगभग पूरी तरह जलकर क्षतिग्रस्त हो गई। इस घटना के कारण नेशनल हाईवे पर कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित रहा, जिसे पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से सामान्य कराया गया। फिलहाल, कार में आग लगने के कारणों का पता नहीं चल सका है। कार मालिक इस घटना पर कुछ भी कहने से बच रहे हैं। पुलिस मामले की जांच में जुटी हैं।
दिल्ली पुलिस की बड़ी कार्रवाई, हिट एंड रन के 2 आरोपी दबोचे, गाड़ी बरामद
दिल्ली पुलिस ने अलीपुर थाना क्षेत्र में हुए हिट एंड रन के मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इस घटना में एक पुलिस कांस्टेबल की जान गई थी। पुलिस ने आरोपियों की कार को भी जब्त कर लिया है।
मॉनसून पर लगा ब्रेक, यूपी-बिहार से दिल्ली-NCR तक बढ़ी उमस; जानें कब होगी झमाझम बारिश की वापसी
देशभर में मॉनसून की रफ्तार धीमी पड़ गई है। यूपी, बिहार, दिल्ली-एनसीआर समेत कई राज्यों में बारिश की कमी से उमस और किसानों की चिंता बढ़ी। जानिए IMD का ताजा अपडेट और कब लौटेगी बारिश।
सीकर-दिल्ली सराय रोहिल्ला ट्रेन दिल्ली कैंट नहीं रुकेगी
झुंझुनूं | दिल्ली कैंट रेलवे स्टेशन अपग्रेडेशन कार्य के चलते सीकर- दिल्ली सराय रोहिल्ला के बीच चलने वाली संपर्क क्रांति 17 जुलाई से दिल्ली कैंट स्टेशन पर अस्थाई रूप से ठहराव नहीं करेगी। सीपीआरओ अमित सुदर्शन के मुताबिक दिल्ली कैंट स्टेशन के मेजर अपग्रेडेशन कार्य के तहत प्लेटफार्म संख्या दो व तीन पर ब्लॉक लिया जा रहा है। बुधवार व शुक्रवार को चलने वाली ट्रेन 17 जुलाई से 9 अक्टूबर तक सीकर से रवाना होगी। वह दिल्ली कैंट स्टेशन पर ठहराव नहीं करेगी।
महिला आरक्षण के लिए 21 को करेंगे दिल्ली कूच
सिवाना | महिला कांग्रेस प्रदेश महासचिव एवं बालोतरा जिला प्रभारी रुबीना खान ने सिवाना कांग्रेस कार्यालय मे प्रेस वार्ता आयोजित हुई। जिला प्रभारी खान ने कहा कि 21 जुलाई को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी एवं महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्षा अलका लांबा के नेतृत्व में होने वाले संसद घेराव में राजस्थान से सर्वाधिक संख्या में महिलाएं भाग लेंगी। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण लागू कराने की मांग को लेकर महिलाओं की आवाज दिल्ली में बुलंद की जाएगी। इस अवसर बालोतरा जिला कांग्रेस कमेटी ओबीसी विभाग के जिला अध्यक्ष बाबूलाल कलबी, जिला कांग्रेस कमेटी सचिव सुरेश कुमार सांखला, शिक्षक प्रकोष्ठ जिला अध्यक्ष मोहनलाल सरगरा, मंडल अध्यक्ष रामचंद्र सुथार, फिरोज खान पठान, रमेश सांखला, जीतूसिंह नौसर, निजाम खान, प्रगति भंसाली, भंवरलाल जीनगर, जुनैद बैलिम, कमलेश गहलोत, बाबूलाल माली माहिलावास मौजूद रहेंगे।
दिल्ली मंडल के अंतर्गत दिल्ली कैंट रेलवे स्टेशन पर चल रहे मेजर अपग्रेडेशन कार्य के चलते महेंद्रगढ़ जिले के रेल यात्रियों को आगामी तीन माह तक परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। प्लेटफार्म संख्या दो और तीन पर ब्लॉक लिए जाने के कारण उत्तर पश्चिम रेलवे की कई महत्वपूर्ण रेल सेवाएं दिल्ली कैंट स्टेशन पर अस्थायी रूप से नहीं रुकेंगी। उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी अमित सुदर्शन ने बताया कि 15 जुलाई से अक्टूबर 2026 तक विभिन्न तिथियों में कई रेलगाड़ियों के दिल्ली कैंट स्टेशन पर ठहराव को निरस्त किया गया है। जिला के लोगों पर पड़ेगा असर इसका असर महेंद्रगढ़ जिले के नारनौल, अटेली और महेंद्रगढ़ रेलवे स्टेशन से दिल्ली आने-जाने वाले यात्रियों पर भी पड़ेगा, क्योंकि जिले के अनेक यात्री दिल्ली कैंट स्टेशन का उपयोग आगे की यात्रा के लिए करते हैं। नारनौल-महेंद्रगढ़ के ये ट्रेन शामिल प्रभावित रेल सेवाओं में महेंद्रगढ़ जिले से होकर गुजरने वाली प्रमुख ट्रेनें शामिल हैं। इनमें सीकर-दिल्ली सराय रोहिल्ला (14713), उदयपुर सिटी-दिल्ली सराय रोहिल्ला (20474), जोधपुर-दिल्ली सराय रोहिल्ला (22422), लालगढ़-दिल्ली सराय रोहिल्ला (22471) जैसी ट्रेनें शामिल हैं। ये भी शामिल इसके अलावा जोधपुर-गोरखपुर स्पेशल (04829) भी निर्धारित अवधि तक दिल्ली कैंट स्टेशन पर नहीं रुकेंगी। वहीं रेवाड़ी के रास्ते दिल्ली को जाने वाली कई अन्य ट्रेन जो जयपुर से आती हैं, वे भी दिल्ली कैंट स्टेशन पर नहीं रुकेंगी। अन्य विकल्प अपनाएं रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि यात्रा से पहले अपनी ट्रेन की अद्यतन स्थिति की जानकारी अवश्य प्राप्त कर लें। जिन यात्रियों का गंतव्य दिल्ली कैंट है, उन्हें नई दिल्ली, दिल्ली सराय रोहिल्ला या अन्य निकटवर्ती स्टेशनों का विकल्प अपनाना पड़ सकता है। दिल्ली कैंट स्टेशन के आधुनिकीकरण के बाद यात्रियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, लेकिन फिलहाल निर्माण कार्य के दौरान यात्रियों को असुविधा झेलनी पड़ेगी।
दिल्ली: रॉकलैंड हॉस्पिटल्स मामले में ईडी की कार्रवाई, 158 करोड़ रुपए की संपत्ती कुर्क
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के दिल्ली क्षेत्रीय कार्यालय ने रॉकलैंड हॉस्पिटल्स लिमिटेड और अन्य के मामले में चल रही जांच के सिलसिले में धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के प्रावधानों के तहत लगभग 158.37 करोड़ रुपए की अचल संपत्तियों को अस्थायी रूप से जब्त कर लिया है
सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के आमरण अनशन का आज 19वां दिन है। उनकी बिगड़ती सेहत को लेकर दायर जनहित याचिका (PIL) पर आज दिल्ली हाईकोर्ट में सुनवाई होगी। याचिका में केंद्र और दिल्ली सरकार को वांगचुक को अस्पताल में भर्ती कराने और जरूरत पड़ने पर जबरन खाना (फोर्स-फीडिंग) देने के निर्देश देने की मांग की गई है। वांगचुक 28 जून से जंतर-मंतर पर चल रहे कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के आंदोलन में शामिल हैं। वे नीट परीक्षा में गड़बड़ियों के लिए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे समेत परीक्षा प्रणाली में सुधार की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर हैं। दिल्ली हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस डी.के. उपाध्याय और जस्टिस तेजस करिया की बेंच बुधवार को सरकारी पक्ष की अनुपस्थिति के कारण सुनवाई नहीं कर सकी। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए इसे गुरुवार के लिए सूचीबद्ध किया और मामले पर केंद्र और दिल्ली सरकार से जवाब मांगा। 18 दिन में 8.9 किलो वजन घटा CJP के मुताबिक, अनशन के 18 दिनों में वांगचुक का वजन 8.9 किलो घटकर 57.15 किलो रह गया है। पार्टी का कहना है कि वांगचुक की हालत नाजुक बनी हुई है। बुधवार को उनका ब्लड प्रेशर 105/76, ब्लड शुगर 80 mg/dL और ऑक्सीजन स्तर 97% दर्ज किया गया। डॉक्टरों के अनुसार वह पूरी तरह होश में हैं, लेकिन लगातार भूख हड़ताल से स्वास्थ्य पर गंभीर असर पड़ रहा है। याचिका में वांगचुक को इमरजेंसी ट्रीटमेंट देने की मांग अभिजीत दिपके बोले- सरकार का रवैया क्रूर CJP ने आरोप लगाया कि छात्रों के लिए आवाज उठाने वाले वांगचुक को सरकार की ओर से सिर्फ खामोशी मिली है। CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके ने कहा कि सरकार जवाबदेही से बच रही है और उसका रवैया क्रूर है। कॉकरोच जनता पार्टी ने 16 जुलाई को एक दिन की सामूहिक भूख हड़ताल का आह्वान किया है। वहीं 20 जुलाई को चलो संसद मार्च निकालने का भी ऐलान किया गया है। कॉकरोच जनता पार्टी की मांग है कि परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी बनाया जाए, पेपर लीक के जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई हो और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को पद से हटाया जाए। अमेरिकी हिंदू संगठन ने पीएम मोदी से अपील की अमेरिका स्थित संगठन हिंदूज फॉर ह्यूमन राइट्स ने भी वांगचुक की सेहत पर चिंता जताई है। संगठन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से प्रदर्शनकारियों से बातचीत करने, उनकी मांगों पर ठोस जवाब देने और परीक्षा प्रणाली में जवाबदेही तय करने की अपील की है। लद्दाख को राज्य की मांग को लेकर वांगचुक 170 दिन जेल में रहे लद्दाख को पूर्ण राज्य का दर्जा दिलाने की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे सोनम वांगचुक 170 दिन तक जोधपुर जेल में रहे। उनके अनशन के दौरान 24 सितंबर 2025 को लेह में हिंसा हुई, जिसमें 4 लोगों की मौत और 90 लोग घायल हुए। सरकार ने हिंसा भड़काने का आरोप वांगचुक पर लगाया। इसके दो दिन बाद, 26 सितंबर को उन्हें राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (NSA) के तहत हिरासत में लेकर जोधपुर जेल भेज दिया गया। 16 साल तक AFSPA के खिलाफ अनशन पर रहीं इरोम शर्मिला देश में पहले भी कई नेता और सामाजिक कार्यकर्ता अपनी मांगों को लेकर लंबी भूख हड़ताल कर चुके हैं। महात्मा गांधी से लेकर जी.डी. अग्रवाल तक कई लोगों ने अनशन का सहारा लिया। सबसे लंबी भूख हड़ताल का रिकॉर्ड इरोम शर्मिला के नाम है। इरोम शर्मिला ने मणिपुर से सशस्त्र बल विशेष अधिकार अधिनियम (AFSPA) हटाने की मांग को लेकर करीब 16 साल (2000-2016) तक भूख हड़ताल की थी। इस दौरान उन्हें जीवित रखने के लिए नाक के जरिए तरल आहार (फोर्स-फीडिंग) दिया जाता था। 3 हफ्ते से ज्यादा भूखा रहने पर दूसरे बॉडी पार्ट्स पर असर
दिल्ली की अदालत ने उमर खालिद को परिवार के साथ सप्ताह में दो बार वीडियो कॉल करने की अनुमति दी
दिल्ली की एक अदालत ने जेल में बंद उमर खालिद को अपनी मां और परिवार के अन्य सदस्यों के साथ हर हफ्ते दो बार वीडियो कॉल करने की अनुमति दे दी है
महेंद्रगढ़ रेलवे स्टेशन पर 'अमृत भारत स्टेशन स्कीम' के तहत आधुनिक मशीनों से सफाई की जाएगी। यात्रियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं प्रदान करने के उद्देश्य से बीकानेर मंडल के 6 प्रमुख स्टेशनों पर अगले 3 वर्षों के लिए यह योजना लागू की गई है। दिल्ली की 'फ्रेंड्स डिटेक्टिव सिक्योरिटी सर्विस' नामक विशेषज्ञ एजेंसी को इस सफाई अभियान का टेंडर दिया गया है। यह एजेंसी आधुनिक मशीनों का उपयोग कर स्टेशनों को स्वच्छ बनाएगी। यह ठेका जून 2029 तक वैध रहेगा। पहले स्टेशन पर केवल एक सुपरवाइजर और सात सफाई कर्मचारी तैनात थे, जिससे कर्मचारियों की कमी महसूस होती थी। नई व्यवस्था के तहत अब 14 सफाईकर्मी नियुक्त किए गए हैं। ये सभी सुविधा प्रबंधक हेमराज शर्मा की देखरेख में कार्य करेंगे। बीकानेर मंडल के 6 स्टेशन शामिल बीकानेर मंडल के महेंद्रगढ़, चरखी दादरी, कोसली, डबवाली, सिरसा और गोगामेड़ी के स्टेशनों को इस योजना में शामिल किया गया है। इन स्टेशनों पर मार्बल फर्श, दीवारें और प्लेटफॉर्म की टाइलें आधुनिक उपकरणों से साफ की जाएंगी। महेंद्रगढ़ स्टेशन पर सफाई व्यवस्था को हाईटेक बनाने के लिए 7 आधुनिक मशीनें आ चुकी हैं और उन्होंने काम शुरू कर दिया है। ये मशीनें स्वचालित तरीके से फर्श की गहरी सफाई, प्रेशर से धुलाई, बारीक मिट्टी उठाना और पोछा लगाने का कार्य करेंगी, जिससे स्टेशन पर दिन-रात स्वच्छता बनी रहेगी। इस योजना में महेंद्रगढ़ को शामिल किए जाने पर दैनिक रेल यात्री महासंघ और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने रेल मंत्रालय का आभार व्यक्त किया है। स्पेशल ट्रेनें चलाने की मांग भी उठाई महासंघ के अध्यक्ष रामनिवास पाटोदा ने कहा कि यह विकास सराहनीय है। इसके साथ ही उन्होंने इस रूट पर नई ट्रेनें चलाने, फेरे और समय बदलने और तीर्थ स्थानों के लिए स्पेशल ट्रेनें चलाने की मांग भी उठाई है। मंडल वाणिज्य प्रबंधक, बीकानेर मंडल वीरेंद्र जोशी ने बताया कि अमृत भारत स्टेशन योजना में शामिल महेंद्रगढ़ सहित 6 स्टेशनों के टेंडर हो चुके हैं और एजेंसी ने काम शुरू कर दिया है। यात्रियों को अब स्टेशनों पर बेहतर और स्वच्छ माहौल मिलेगा। प्रधानमंत्री के स्वच्छ भारत अभियान की कड़ी में यह एक बड़ा प्रयास है। 2022 में अमृत भारत स्टेशन योजना में शामिल महेंद्रगढ़ रेलवे स्टेशन का इतिहास काफी पुराना है। इसकी शुरुआत वर्ष 1942 में मीटरगेज के रूप में हुई थी, जिसे 2008 में ब्रॉडगेज में परिवर्तित किया गया। वर्ष 2015 में इसे आदर्श स्टेशन घोषित किया गया और 2023 में यहां इलेक्ट्रिक ट्रेनों का संचालन शुरू हुआ। 2022 में स्टेशन को अमृत भारत स्टेशन योजना में शामिल किया गया, जिसके तहत लगभग 18 करोड़ रुपए की लागत से कायाकल्प का कार्य अंतिम चरण में है।
नोएडा की एक सॉफ्टवेयर कंपनी में कार्यरत ग्वालियर निवासी 22 वर्षीय समीर खान की ट्रेन से घर लौटते समय संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। 11 जुलाई की सुबह विश्वविद्यालय थाना क्षेत्र में एजी ऑफिस पुल के नीचे रेलवे ट्रैक पर उसका शव मिला था। अब परिजनों ने मामले की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच की मांग करते हुए हत्या की आशंका जताई है। उनका कहना है कि समीर को ग्वालियर स्टेशन पर उतरना था, ऐसे में स्टेशन पार करने के बाद वह एजी ऑफिस पुल तक कैसे पहुंचा, यह सबसे बड़ा सवाल है। नवंबर में लगी थी नौकरी, घर लौटते समय हुआ हादसा आपागंज निवासी असलम खान का इकलौता बेटा समीर नवंबर 2025 में नोएडा की एक प्रतिष्ठित सॉफ्टवेयर कंपनी में नौकरी पर लगा था। 10 जुलाई की रात वह दिल्ली से भोपाल एक्सप्रेस में सवार होकर ग्वालियर लौट रहा था। ट्रेन रात करीब 12:20 बजे ग्वालियर पहुंची, लेकिन समीर घर नहीं पहुंचा। परिजनों ने रात में ही रेलवे स्टेशन और जीआरपी थाने में उसकी तलाश शुरू कर दी, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। अगले दिन रेलवे ट्रैक पर मिला शव 11 जुलाई की सुबह एजी ऑफिस पुल के नीचे रेलवे ट्रैक के पास समीर का शव मिला। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मामले में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस और परिवार के अलग-अलग दावे पुलिस का प्रारंभिक अनुमान है कि समीर ट्रेन से गिरा या जल्दबाजी में उतरने की कोशिश के दौरान हादसे का शिकार हो गया। वहीं परिजनों का कहना है कि ट्रेन पहले ग्वालियर स्टेशन पर रुकती है, इसलिए स्टेशन निकलने के बाद उसका वहां होना संदिग्ध है। उनका आरोप है कि ट्रेन में किसी विवाद के बाद समीर को धक्का देकर नीचे फेंका गया हो सकता है। आगरा में हुई थी आखिरी बात, फिर बंद हो गया फोन पिता असलम खान के मुताबिक, रात करीब 10:40 बजे जब ट्रेन आगरा पहुंची थी, तब समीर से उनकी आखिरी बार बात हुई थी। इसके बाद उसका मोबाइल फोन बंद हो गया। परिजनों का कहना है कि स्टेशन पहुंचने से पहले ही फोन बंद होना और बाद में शव मिलना पूरे घटनाक्रम को संदिग्ध बनाता है। सीडीआर और सहयात्रियों से पूछताछ की मांग परिजनों ने पुलिस से समीर के मोबाइल की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) निकलवाने, ट्रेन में सफर कर रहे सहयात्रियों से पूछताछ करने और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। पुलिस का कहना है कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है।
नई दिल्ली। दिल्ली विश्वविद्यालय में विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य, सकारात्मक सोच और जीवन कौशल को मजबूत करने के उद्देश्य से शुरू किया गया साइंस ऑफ हैप्पीनेस, कोर्स लगातार लोकप्रिय हो रहा है। पिछले दो वर्षों में 2 हजार से अधिक छात्र-छात्राएं इस वैल्यू एडिशन कोर्स से जुड़ चुके हैं। फिलहाल विश्वविद्यालय के 17 कॉलेजों और मनोविज्ञान विभाग में यह पाठ्यक्रम संचालित हो रहा है। बुधवार को कुलपति प्रोफेसर योगेश सिंह की अध्यक्षता में आयोजित समीक्षा बैठक में विभिन्न कॉलेजों के प्राचार्यों ने कोर्स के सकारात्मक परिणाम साझा किए। कुलपति बोले- अच्छा करेंगे तो अच्छा ही होगा कुलपति ने कहा कि आज के प्रतिस्पर्धी दौर में केवल अकादमिक उत्कृष्टता पर्याप्त नहीं है, बल्कि मानसिक संतुलन और सकारात्मक दृष्टिकोण भी उतना ही जरूरी है। उन्होंने कहा, वर्ल्ड इज ए वंडरफुल प्लेस। अच्छा करेंगे तो अच्छा ही होगा। बैठक में नशामुक्त परिसर अभियान पर भी चर्चा हुई। कुलपति ने कहा कि नशा व्यक्ति ही नहीं, पूरे परिवार की खुशियां छीन लेता है। ऐसे में विश्वविद्यालय के ड्रग-फ्री कैंपस अभियान को और प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाने की आवश्यकता है। विद्यार्थियों के लिए उपयोगी साबित हो रही माइंड लैब मिरांडा हाउस और दौलत राम कॉलेज ने बताया कि उनके यहां स्थापित माइंड लैब, विद्यार्थियों की काउंसिलिंग, अध्ययन और शोध गतिविधियों में उपयोगी साबित हो रही हैं। अन्य कॉलेज भी इसी तरह की सुविधाएं विकसित करने की तैयारी कर रहे हैं। डीन अकादमिक अफेयर्स प्रो के रत्नाबली ने बताया मार्च 2024 में रेखी फाउंडेशन फॉर हैप्पीनेस के सहयोग से शुरू किया गया यह एक सेमेस्टर का कोर्स फिलहाल स्नातक स्तर पर पढ़ाया जा रहा है। भविष्य में इसे स्नातकोत्तर स्तर के स्किल-आधारित पाठ्यक्रमों से जोड़ने पर भी विचार किया जा रहा है।
नई दिल्ली। दिल्ली सरकार की कैबिनेट ने बुधवार को नागरिकों को समयबद्ध और सुगम सरकारी सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से ‘दिल्ली राइट ऑफ सिटीजन टू टाइम बाउंड एंड ईज ऑफ डिलीवरी ऑफ सर्विस बिल, 2026’ को मंजूरी दे दी। इस विधेयक को लागू होने के बाद निर्धारित समय-सीमा में सेवाएं न देने वाले अधिकारियों पर प्रतिदिन 250 रुपए का जुर्माना लगाया जा सकेगा। जुर्माने की अधिकतम सीमा 5 हजार रुपए तय की गई है। प्रशासनिक सुधारों में महत्वपूर्ण होगा विधेयक : रेखा गुप्ता मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा इस कानून का उद्देश्य प्रत्येक नागरिक को तय समय के भीतर सरकारी सेवाएं उपलब्ध कराना और सरकारी अधिकारियों की जवाबदेही सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि यह विधेयक प्रशासनिक सुधारों की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगा और इससे सेवाएं अधिक पारदर्शी, सरल और तकनीक आधारित बनेंगी। विधेयक के तहत दिल्ली सरकार समय-समय पर अधिसूचना जारी कर उन सेवाओं की सूची तय करेगी, जो इस कानून के दायरे में आएंगी। सभी अधिसूचित सेवाओं के लिए समय-सीमा और संबंधित अधिकारियों की जानकारी सार्वजनिक की जाएगी। आवेदन करने से लेकर सेवा प्राप्त करने तक की प्रक्रिया का प्रावधान सरकार ने आवेदन से लेकर सेवा प्राप्त होने तक पूरी प्रक्रिया को डिजिटल बनाने का प्रावधान किया है। नागरिक ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे और प्रत्येक आवेदन को एक विशिष्ट संख्या दी जाएगी। इसके जरिए लोग अपनी फाइल की स्थिति की वास्तविक समय में ऑनलाइन निगरानी कर सकेंगे। इस कानून की सबसे अहम विशेषता ‘ऑटोमैटिक एस्केलेशन’ व्यवस्था है। यदि कोई अधिकारी निर्धारित समय में सेवा उपलब्ध नहीं कराता, तो नागरिक को अलग से अपील नहीं करनी होगी। मामला स्वतः नागरिक शिकायत निवारण प्राधिकारी के पास पहुंच जाएगा। सभी अपीलों का निपटारा सामान्यतः 30 दिनों के भीतर किया जाएगा। अधिकारी को अपना पक्ष रखने का दिया जाएगा मौका विधेयक में यह भी प्रावधान है कि किसी आवेदन को अनुचित तरीके से खारिज करने पर संबंधित अधिकारी पर 250 रुपए से लेकर 5 हजार रुपए तक का एकमुश्त जुर्माना लगाया जा सकता है। हालांकि, किसी भी दंडात्मक कार्रवाई से पहले अधिकारी को अपना पक्ष रखने और स्पष्टीकरण देने का अवसर दिया जाएगा।
उत्तर रेलवे के दिल्ली मंडल में दिल्ली कैंट रेलवे स्टेशन के मेजर अपग्रेडेशन कार्य के कारण 15 जुलाई से 13 अक्टूबर 2026 तक रेल यातायात प्रभावित रहेगा। इस अवधि में प्लेटफॉर्म संख्या 2 और 3 पर ब्लॉक लिया जाएगा, जिसके चलते कुल 10 ट्रेनें दिल्ली कैंट स्टेशन पर नहीं रुकेंगी। इससे राजस्थान, गुजरात और उत्तराखंड की ओर आने-जाने वाले यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ सकता है। प्लेटफॉर्म अपग्रेडेशन के कारण बदली व्यवस्था उत्तर रेलवे के अनुसार दिल्ली कैंट रेलवे स्टेशन पर प्लेटफॉर्म संख्या 2 और 3 के उन्नयन कार्य के लिए 15 जुलाई से 13 अक्टूबर 2026 तक ब्लॉक रहेगा। इसी वजह से कई ट्रेनों का दिल्ली कैंट स्टेशन पर अस्थायी रूप से ठहराव समाप्त कर दिया गया है। इन ट्रेनों का नहीं होगा दिल्ली कैंट पर ठहराव 09609 उदयपुर सिटी–योगनगरी ऋषिकेश साप्ताहिक स्पेशल (15 जुलाई से) 09611 अजमेर–योगनगरी ऋषिकेश स्पेशल (16 जुलाई से) 20474 उदयपुर सिटी–दिल्ली सराय रेलसेवा (15 जुलाई से) 12915 साबरमती–दिल्ली रेलसेवा (15 जुलाई से) 09523 ओखा–शकूरबस्ती स्पेशल (15 जुलाई से) 09257 भावनगर–शकूरबस्ती स्पेशल (18 जुलाई से) 12216 बांद्रा टर्मिनस–दिल्ली सराय रेलसेवा (15 जुलाई से) 09425 साबरमती–हरिद्वार स्पेशल (21 जुलाई से) 14312 बरेली–भुज रेलसेवा (15 जुलाई से) 14322 भुज–बरेली रेलसेवा (17 जुलाई से) इन सभी ट्रेनों का दिल्ली कैंट स्टेशन पर ठहराव 13 अक्टूबर 2026 तक नहीं होगा। यात्रियों को होगी असुविधा दिल्ली कैंट स्टेशन पर उतरने या यहां से यात्रा शुरू करने वाले यात्रियों को इस अवधि में वैकल्पिक रेलवे स्टेशन का उपयोग करना होगा। विशेष रूप से पिंडवाड़ा, आबूरोड, उदयपुर सिटी, अजमेर, साबरमती, ओखा, भावनगर, बांद्रा टर्मिनस और भुज रूट के यात्रियों को अपनी यात्रा की योजना पहले से बनानी होगी।
देश की राजधानी दिल्ली स्थित 'भारत मंडपम' में इन दिनों झारखंड की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और हुनर का संगम देखने को मिल रहा है। यहाँ झारखंड पवेलियन का भव्य उद्घाटन किया गया है, जो राज्य के कारीगरों और बुनकरों के लिए एक बड़े बदलाव का संकेत है। उद्घाटन के अवसर पर राज्य सरकार के मंत्री ने जोर देकर कहा कि इस मंच का मुख्य उद्देश्य झारखंड के पारंपरिक बुनकरों को सीधे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजार से जोड़ना है। राज्य की हस्तकला को नई पहचान दिलाने के लिए यह एक बड़ा कदम माना जा रहा है।बुनकरों को मिलेगा सीधा बाजार, बढ़ेगा रोजगारझारखंड के हथकरघा और हस्तशिल्प की मांग देश-विदेश में लगातार बढ़ रही है। इस अवसर पर मंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार की प्राथमिकता राज्य के बुनकरों को बिचौलियों के चंगुल से मुक्त कराना है। 'भारत मंडपम' जैसे प्रतिष्ठित मंच पर झारखंड पवेलियन के माध्यम से कारीगर अपने उत्पादों को सीधे ग्राहकों और खरीदारों के सामने प्रदर्शित कर सकेंगे। इससे न केवल उत्पादों को उचित मूल्य मिलेगा, बल्कि राज्य में हस्तशिल्प से जुड़े रोजगार के अवसरों में भी भारी वृद्धि होगी।क्यों खास है झारखंड पवेलियन?इस पवेलियन में झारखंड की 'सोहराई-खोवर' पेंटिंग से लेकर पारंपरिक सिल्क और हथकरघा उत्पादों का अद्भुत संग्रह देखने को मिल रहा है। यह पवेलियन केवल एक प्रदर्शन केंद्र नहीं, बल्कि राज्य के कारीगरों के लिए व्यापार का एक बड़ा केंद्र बनकर उभरा है। स्थानीय स्तर (Geographical) पर जो बुनकर अब तक गुमनामी में काम कर रहे थे, उन्हें अब अपनी कला को वैश्विक स्तर पर प्रदर्शित करने का मौका मिला है। मंत्री ने कहा कि डिजिटल युग में हम अपने कारीगरों को ई-कॉमर्स और आधुनिक मार्केटिंग से भी जोड़ने की कार्ययोजना पर काम कर रहे हैं।आधुनिक दौर में कला का डिजिटलीकरण (AI & Generative Search)आज के डिजिटल युग में जेनरेटिव इंजन ऑप्टिमाइजेशन (AI Search) और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के जरिए उत्पादों की मार्केटिंग का तरीका पूरी तरह बदल गया है। झारखंड सरकार का लक्ष्य है कि 'भारत मंडपम' जैसे मंचों के साथ-साथ ऑनलाइन माध्यमों से भी राज्य के उत्पादों को 'ग्लोबल ब्रांड' बनाया जाए। एआई और डेटा विश्लेषण के माध्यम से अब यह पहचाना जा सकेगा कि किन उत्पादों की मांग वैश्विक बाजार में सबसे अधिक है, ताकि उसी दिशा में बुनकरों को प्रशिक्षित किया जा सके।उम्मीदों का नया दौरझारखंड पवेलियन का उद्घाटन राज्य की अर्थव्यवस्था के लिए एक सकारात्मक संकेत है। यह न केवल ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करेगा, बल्कि नई पीढ़ी के युवाओं को भी अपनी पारंपरिक कला के साथ जुड़कर स्टार्टअप शुरू करने के लिए प्रेरित करेगा। उद्घाटन के बाद से ही पवेलियन में लोगों की भीड़ उमड़ रही है, जो इस बात का प्रमाण है कि झारखंड की कला को लेकर लोगों में जबरदस्त उत्साह है। यह मंच आने वाले समय में झारखंड के बुनकरों के लिए 'सपनों की उड़ान' साबित होने वाला है।
दिल्ली हाईकोर्ट ने बुधवार को एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल को बहुत जरूरी माना। केंद्र और दिल्ली सरकार से गुरुवार सुबह तक जवाब मांगा है। हाईकोर्ट ने यह सुनवाई एक जनहित याचिका पर की। इसमें वांगचुक को तुरंत मेडिकल सुविधा और इलाज देने की मांग की गई है। वांगचुक NEET पेपर लीक और परीक्षाओं में गड़बड़ी के खिलाफ दिल्ली के जंतर-मंतर पर पिछले 18 दिन से भूख हड़ताल पर हैं। उनकी हालत लगातार गिरती जा रही है। 8:50 किग्रा तक वजन गिर गया है। वांगचुक की भूख हड़ताल की 3 तस्वीरें… याचिका में इमरजेंसी ट्रीटमेंट देने की मांग CJP का प्रदर्शन, शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) नीट पेपर लीक के विरोध में 20 जून से जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रही है। वे शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। सोनम वांगचुक भी उनके आंदोलन में शामिल हैं। CJP चीफ जस्टिस सूर्यकांत के बेरोजगार युवाओं की तुलना कॉकरोच से करने के बाद बनी थी। थरूर ने वांगचुक से अनशन खत्म करने की अपील की कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने सोशल मीडिया पर लिखा- सोनम वांगचुक जी से मेरी भावनात्मक अपील है कि वे अपना अनशन समाप्त करें। आपने देश की अंतरात्मा को झकझोर दिया है और किसी भी अनशन का यही उद्देश्य होता है। देश को आगे की लंबी लड़ाई के लिए आपकी आवाज की जरूरत है। सोमवार से संसद का सत्र शुरू हो रहा है। हमें लोकतंत्र के सर्वोच्च मंच पर छात्रों के मुद्दे उठाने का अवसर मिलेगा। इन समस्याओं का समाधान संसद में होना चाहिए, न कि किसी की जान जोखिम में डालने वाले अनशन से। कृपया मेरी अपील स्वीकार करें। लद्दाख को राज्य की मांग को लेकर वांगचुक 170 दिन जेल में रहे लद्दाख को पूर्ण राज्य का दर्जा दिलाने की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे सोनम वांगचुक 170 दिन तक जोधपुर जेल में रहे। उनके अनशन के दौरान 24 सितंबर 2025 को लेह में हिंसा हुई, जिसमें 4 लोगों की मौत और 90 लोग घायल हुए। सरकार ने हिंसा भड़काने का आरोप वांगचुक पर लगाया। इसके दो दिन बाद, 26 सितंबर को उन्हें राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (NSA) के तहत हिरासत में लेकर जोधपुर जेल भेज दिया गया। इरोम शर्मिला करीब 16 साल भूख हड़ताल पर रहीं वांगचुक को भूख हड़ताल करते हुए 18 दिन हो गए हैं। महात्मा गांधी से लेकर जीडी अग्रवाल तक कई नेता-सामाजिक कार्यकर्ता अलग-अलग मांगों को लेकर भूख हड़ताल करते रहे हैं। इरोम शर्मिला मणिपुर से AFSPA हटाने की मांग को लेकर 16 साल भूख हड़ताल पर रहीं। 3 हफ्ते से ज्यादा भूखा रहने पर दूसरे बॉडी पार्ट्स पर असर ------------------------------------ ये खबरें भी पढ़ें… वांगचुक 17 दिन से अनशन पर, 8.5kg वजन घटा, उद्धव-महुआ और अखिलेश की भूख हड़ताल खत्म करने की अपील सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल को 17 दिन हो चुके हैं। उनका वजन 8.5kg कम हो गया है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव, शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे, टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा, एक्टर नसीरुद्दीन शाह, रत्ना पाठक शाह, राइटर अरुंधति रॉय समेत कई प्रमुख हस्तियों ने सोनम से अनशन खत्म करने की अपील की है। पूरी खबर पढ़ें… कॉकरोच पार्टी फाउंडर दीपके ने पुलिस के पैर पकड़े, जंतर-मंतर पर टेंट लगाने की इजाजत मांगी नीट पेपर लीक के विरोध में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) 20 दिन से जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन कर रही है। फाउंडर अभिजीत दीपके ने पुलिसवालों के पैर पकड़े और हाथ जोड़े। वे टेंट लगाने की इजाजत मांग रहे थे ताकि भूख हड़ताल पर बैठे छात्रों को बारिश से बचाया जा सके। पूरी खबर पढ़ें…
दिल्ली पुलिस ने ब्लाइंड मर्डर की गुत्थी सुलझाई, 500 सीसीटीवी खंगालने के बाद दो हत्यारोपी गिरफ्तार
द्वारका डिस्ट्रिक्ट के स्पेशल स्टाफ और द्वारका नॉर्थ पुलिस स्टेशन की संयुक्त टीम ने द्वारका नॉर्थ पुलिस थाना क्षेत्र में हुई हत्या के मामले में 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली को स्वच्छ, हरित और पर्यावरण के अनुकूल बनाने की दिशा में दिल्ली सरकार ने एक और बड़ा और सराहनीय कदम उठाया है। दिल्ली सचिवालय में आज मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में पुराने कपड़ों के दान और उनके पुनर्चक्रण (Recycling) के लिए एक बहुपक्षीय समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए। इस बेहद खास ओल्ड क्लोथ्स डोनेशन प्रोजेक्ट को धरातल पर उतारने के लिए दिल्ली सरकार, DLWO, दिल्ली मेट्रो (DMRC), SULM, ReSpun और क्लोथ्स बॉक्स फाउंडेशन ने एक साथ हाथ मिलाया है। 10 मेट्रो स्टेशनों पर खुलेंगे अर्पण दान केंद्र योजना की जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि जल्द ही पहले चरण के तहत दिल्ली मेट्रो के 10 प्रमुख स्टेशनों पर अर्पण दान केंद्र स्थापित किए जाएंगे। इन केंद्रों पर दिल्ली के आम नागरिक अपने घरों में बेकार- पुराने कपड़ों को आसानी से दान कर सकेंगे। मेट्रो स्टेशनों पर इन केंद्रों के खुलने से लोगों के लिए दान करना बेहद सुगम हो जाएगा। सीएम ने कहा कि, यह पहल न केवल हमारी दिल्ली को साफ रखने में मदद करेगी, बल्कि उन पुराने कपड़ों को भी एक नया जीवन देगी जो अमूमन कूड़े के ढेरों में फेंक दिए जाते हैं। पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ रोजगार के नए अवसर इस परियोजना का उद्देश्य केवल कपड़ों को इकट्ठा करना नहीं है, बल्कि उनका सही और रचनात्मक इस्तेमाल सुनिश्चित करना है। इस योजना के कई दूरगामी फायदे होंगे: कचरे में कमी: दान किए गए कपड़ों को आधुनिक तकनीकों से Recycle (पुनर्चक्रण) और Upcycle (अपसाइकिल) किया जाएगा, जिससे लैंडफिल (कूड़े के पहाड़ों) पर कपड़ों का बोझ कम होगा। पर्यावरण की सुरक्षा: टेक्सटाइल वेस्ट (कपड़ा कचरा) पर्यावरण के लिए एक बड़ी चुनौती है। इस प्रोजेक्ट से कार्बन फुटप्रिंट को कम करने में बड़ी मदद मिलेगी। महिलाओं को रोजगार: रिसाइकल और अपसाइकिलिंग की इस पूरी प्रक्रिया से दिल्ली की महिलाओं के लिए आजीविका के नए साधन और रोजगार के अवसर पैदा होंगे, जिससे वे आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकेंगी।
पानीपत के सिद्धार्थ नगर में एक शख्स जब सुबह अपने काम से दिल्ली गया और दोपहर को वापस लौटा, तो घर का मुख्य दरवाजा खुला हुआ था। घर के अंदर से उसकी पत्नी, तीन बेटे और एक भतीजा रहस्यमयी ढंग से गायब मिले। काफी तलाश करने के बाद भी जब उनका कोई सुराग नहीं लगा, तो पीड़ित पति ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। पीड़ित ने अपनी पत्नी और चारों बच्चों के अपहरण की आशंका जताई है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर तलाश शुरू कर दी है। दिल्ली से लौटा तो खुला मिला घर का दरवाजा थाना पुलिस को दी गई लिखित शिकायत में सिद्धार्थ नगर निवासी युवक ने बताया कि वह मेहनत-मजदूरी या अपने किसी निजी काम के सिलसिले में बीती 10 जुलाई की सुबह करीब 6 बजे दिल्ली गया था। उस वक्त उसका पूरा परिवार घर पर ही मौजूद था। दोपहर करीब 11:30 बजे जब वह दिल्ली से अपना काम निपटाकर वापस पानीपत अपने घर लौटा, तो वह दंग रह गया। उसके घर का मुख्य दरवाजा बीच रास्ते में खुला पड़ा था और अंदर कोई भी मौजूद नहीं था। पत्नी, तीन बेटे और भतीजा सब गायब युवक ने घर के अंदर जाकर देखा तो उसकी पत्नी घर से बिना बताए कहीं जा चुकी थी। सिर्फ पत्नी ही नहीं, बल्कि उसके साथ उसके तीन छोटे बेटे और उसका भतीजा भी घर से गायब थे। युवक ने तुरंत अपने स्तर पर पड़ोसियों, रिश्तेदारों और संभावित ठिकानों पर पत्नी व चारों बच्चों की काफी तलाश की, लेकिन काफी समय बीत जाने के बाद भी पांचों में से किसी का भी कोई अता-पता नहीं चल सका। किसी अज्ञात द्वारा अपहरण का शक, पुलिस ने शुरू की जांच पीड़ित दीपक ने पुलिस को बताया कि उसकी पत्नी और बच्चे इस तरह बिना बताए कहीं नहीं जा सकते। उसे पक्का अंदेशा और शक है कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने बदनियत से उसकी पत्नी और तीनों बेटों व भतीजे का अपहरण कर लिया है या उन्हें किसी साजिश के तहत गायब किया है। पुलिस ने शिकायत को गंभीरता से लेते हुए अज्ञात आरोपियों के खिलाफ अपहरण की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस की टीमें सिद्धार्थ नगर और आसपास के रास्तों पर लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाल रही हैं।
महादेव ऑनलाइन सट्टा ऐप से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई की है। सिंडिकेट से जुड़े कारोबारी विकास गर्ग को दिल्ली से गिरफ्तार किया गया है। दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट ने विकास गर्ग को 24 घंटे की ट्रांजिट रिमांड पर ED को सौंप दिया है। एडिशनल सेशंस जज (ASJ) विजय शंकर ने गर्ग को रायपुर लाकर स्पेशल PMLA कोर्ट में पेश करने की अनुमति दी है। ED की टीम विकास गर्ग को रायपुर लेकर आ रही है। आज (बुधवार) उसे रायपुर की स्पेशल PMLA कोर्ट में पेश किया जाएगा। कस्टोडियल रिमांड की मांग की जाएगी। ED अब विकास गर्ग से महादेव बेटिंग ऐप से जुड़े कथित मनी लॉन्ड्रिंग नेटवर्क, वित्तीय लेनदेन और अन्य आरोपियों के संबंध में पूछताछ करेगी। बता दें कि पिछले दिनों ED ने विकास गर्ग की 940 करोड़ की प्रॉपर्टी जब्त की थी। 6 दिन पहले ही महादेव ऑनलाइन बेटिंग ऐप का संचालक सौरभ चंद्राकर ओमान में अरेस्ट हुआ था। उस पर फर्जी इंडोनेशियाई पासपोर्ट के जरिए ओमान में प्रवेश करने का आरोप है। चंद्राकर पिछले कुछ समय से संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में रह रहा था। हर महीने 450 करोड़ से ज्यादा का अवैध कारोबार ED ने इस मामले की जांच छत्तीसगढ़ पुलिस के दुर्ग जिले में दर्ज एफआईआर, आंध्र प्रदेश और पश्चिम बंगाल समेत कई राज्यों में दर्ज मामलों के आधार पर शुरू की थी। जांच में सामने आया कि ऑनलाइन बेटिंग सिंडिकेट विदेश से संचालित फ्रेंचाइजी आधारित 'पैनल नेटवर्क' के जरिए काम कर रहा था। एजेंसी का दावा है कि इस नेटवर्क से हर महीने 450 करोड़ रुपए से अधिक की अवैध कमाई हो रही थी। शेल कंपनियों के जरिए की गई मनी लॉन्ड्रिंग जांच में ED को पता चला कि अवैध सट्टेबाजी से कमाए गए पैसे को कैश के बदले फर्जी कंपनियों और कई स्तर के वित्तीय लेन-देन के जरिए वैध दिखाया गया। एजेंसी के मुताबिक, अपराध से कमाए गए करीब 940.77 करोड़ रुपए विकास गर्ग के नियंत्रण वाली कंपनियों में पहुंचाए गए। बाद में इस रकम से शेयर, निवेश और अन्य संपत्तियां खरीदी गईं। पहले भी हो चुकी है बड़ी कार्रवाई ED ने बताया कि इस मामले में इससे पहले 7 बार संपत्तियां कुर्क की जा चुकी हैं। वहीं, एजेंसी रायपुर स्थित विशेष पीएमएलए अदालत में कई अभियोजन शिकायतें भी दाखिल कर चुकी है। अदालत धन शोधन (मनी लॉन्ड्रिंग) के मामले में संज्ञान भी ले चुकी है। अब तक 3800 करोड़ की संपत्ति अटैच इस कार्रवाई से पहले ईडी इस मामले में करीब 2,825 करोड़ रुपए की चल-अचल और विदेशी संपत्तियां अटैच, जब्त या फ्रीज कर चुकी थी। महादेव ऑनलाइन बुक और स्काईएक्सचेंज बेटिंग मामले में कुर्क, जब्त और फ्रीज की गई संपत्तियों का कुल मूल्य बढ़कर लगभग 3,800 करोड़ रुपए पहुंच गया है। ED का कहना है कि मामले में मनी लॉन्ड्रिंग के पूरे नेटवर्क और इससे जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की जांच अभी भी जारी है। ……………………. इससे संबंधित यह खबर भी पढ़िए… महादेव ऐप का संचालक सौरभ चंद्राकर ओमान में अरेस्ट: फर्जी पासपोर्ट से पहुंचने का आरोप; 7 साल से फरार, अब भारत लाने की तैयारी चंद्राकर को ओमान की राजधानी मस्कट स्थित हाई-सिक्योरिटी अल खौद डिटेंशन सेंटर में रखा गया है। बता दें कि सौरभ चंद्राकर छत्तीसगढ़ के भिलाई का रहने वाला है। वह करीब 5000 करोड़ रुपये के बेटिंग घोटाले का आरोपी है और 2019 से फरार है। पढ़िए पूरी खबर
हरियाणा के कुरुक्षेत्र जिले में आज प्रस्तावित ट्रेड डील के विरोध में बुधवार को कुरुक्षेत्र जिले में किसान संगठन सड़कों पर उतरेंगे। देश बचाओ मोर्चा के बैनर तले भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) गुट, भाकियू शहीद भगत सिंह गुट, भाकियू पिहोवा समेत कई किसान संगठन संयुक्त रूप से मोटरसाइकिल रोष मार्च निकालेंगे। किसान सुबह 10 बजे से तय जगह पर इकट्ठा होंगे। इसके बाद जिला सचिवालय और SDM कार्यालय तक बाइक रैली निकालकर प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपेंगे। किसानों का कहना है कि प्रस्तावित ट्रेड डील का सीधा असर कृषि क्षेत्र और किसानों की आय पर पड़ेगा। इस तरह के समझौतों से किसानों के हित प्रभावित होंगे। थीम पार्क और पिपली में जुटेंगे किसान जिलेभर से किसान सुबह थीम पार्क और पिपली अनाज मंडी में पहुंचेंगे। फिर सभी संगठन संयुक्त रूप से जिला सचिवालय तक रोष मार्च निकालेंगे। सचिवालय पहुंचकर DC के माध्यम से प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा। वहीं पिहोवा में भाकियू के कार्यकर्ता पुरानी अनाज मंडी में एकत्रित होंगे। दावा- ट्रेड डील से होगा नुकसान यहां से SDM कार्यालय तक मोटरसाइकिल मार्च निकाला जाएगा। प्रदर्शन के बाद SDM पिहोवा को प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा। इन संगठनों का कहना है कि प्रस्तावित ट्रेड डील लागू होने पर कृषि पर उल्टा असर पड़ेगा। इससे किसानों की उपज, बाजार व्यवस्था और आय प्रभावित होगी। आंदोलन आगे बढ़ाने की चेतावनी यदि सरकार ने उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं किया तो आंदोलन को आगे भी जारी रखा जाएगा। भाकियू अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी का कहना है कि संगठन किसानों के हितों से जुड़े मुद्दों पर वे पीछे नहीं हटेंगे और जरूरत पड़ी तो विरोध प्रदर्शन को और तेज किया जाएगा। 21 जुलाई को दिल्ली कूच करेंगे।
ममता बनर्जी ने दिल्ली में सीजेपी के आंदोलन को दिया समर्थन, सोनम वांगचुक से की बात
तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी ने दिल्ली में चल रहे कॉकरोच जनता पार्टी के आंदोलन को अपना समर्थन दिया और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक का हालचाल जानने के लिए उनसे फोन पर बात की
मानसून के ब्रेक ने उत्तर भारत के राज्यों में तापमान बढ़ा दिया है। राजस्थान, दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ़, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश में पिछले 3 दिन से तेज गर्मी पर पड़ रही है। दिल्ली में मंगलवार को 38 डिग्री तापमान रहा। पिछले 24 घंटों में अरुणाचल प्रदेश के चार जिलों में बाढ़, लैंडस्लाइड और भारी बारिश से घरों को नुकसान पहुंचा है। राज्य में मानसून की बारिश और बाढ़ से प्रभावित लोगों की संख्या बढ़कर 1,02,917 हो गई है। बाढ़ और लैंडस्लाइड की घटनाओं में अब तक राज्य में 7 लोगों की मौत हो चुकी है और 29 लोग घायल हुए हैं। इधर असम में बाढ़ का पानी 6 जिलों सोनितपुर, डिब्रूगढ़, लखीमपुर, धेमाजी, जोरहाट और शिवसागर में फैल गया है, जिससे 12 रेवेन्यू सर्कल और 99 गांव प्रभावित हुए हैं। कुल 37,032 लोग प्रभावित हुए हैं, जिनमें लखीमपुर सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ है। जहां 35,696 लोग प्रभावित हुए हैं। सैटेलाइट इमेज में देखें देश में मानसून की स्थिति… पुरी में जगन्नाथ रथयात्रा में भारी बारिश की आशंका… मौसम विभाग ने मंगलवार को ओडिशा के कई इलाकों में रथ यात्रा के दौरान भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। इनमें पुरी भी शामिल है। यह चेतावनी बंगाल की खाड़ी में बनने वाले कम दबाव के क्षेत्र के कारण जारी की गई है। अगले 24 घंटों के दौरान बंगाल की खाड़ी और उससे सटे पश्चिमी बांग्लादेश के तटों पर कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है। मौसम में हो रहे इस बदलाव के कारण, बुधवार से शुक्रवार सुबह तक पुरी में भारी से बहुत भारी बारिश होने की आशंका है। देशभर में मौसम कैसा रहेगा, देखें अलर्ट… बारिश रुकने से बढ़ी गर्मी, देखें टेम्प्रेचर मैप… अगले 2 दिन के मौसम का हाल… 16जुलाई: 17 जुलाई: मौसम से जुड़ी तस्वीरें… देश के प्रमुख शहरों का तापमान…
महादेव ऑनलाइन बेटिंग ऐप से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए EBIX के चेयरमैन विकास गर्ग को दिल्ली से गिरफ्तार किया है। दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट ने ईडी की याचिका पर सुनवाई करते हुए विकास गर्ग को 24 घंटे की ट्रांजिट रिमांड पर ईडी को सौंप दिया है। एडिशनल सेशंस जज (ASJ) विजय शंकर ने ईडी को गर्ग को रायपुर लाकर स्पेशल PMLA कोर्ट में पेश करने की अनुमति दी है। ईडी की टीम विकास गर्ग को रायपुर लेकर आ रही है। संभावना है कि बुधवार को उन्हें रायपुर की स्पेशल PMLA कोर्ट में पेश किया जाएगा। ईडी अब विकास गर्ग से महादेव बेटिंग ऐप से जुड़े कथित मनी लॉन्ड्रिंग नेटवर्क, वित्तीय लेनदेन और अन्य आरोपियों के संबंध में पूछताछ करेगी। मामले में आगे की जांच जारी है। बता दें कि पिछले दिनों ईडी ने विकास गर्ग की 940 करोड़ की प्रॉपर्टी जब्त की थी। हर महीने 450 करोड़ से ज्यादा का अवैध कारोबार ईडी ने इस मामले की जांच छत्तीसगढ़ पुलिस के दुर्ग जिले में दर्ज एफआईआर, आंध्र प्रदेश और पश्चिम बंगाल समेत कई राज्यों में दर्ज मामलों के आधार पर शुरू की थी। जांच में सामने आया कि ऑनलाइन बेटिंग सिंडिकेट विदेश से संचालित फ्रेंचाइजी आधारित 'पैनल नेटवर्क' के जरिए काम कर रहा था। एजेंसी का दावा है कि इस नेटवर्क से हर महीने 450 करोड़ रुपए से अधिक की अवैध कमाई हो रही थी। शेल कंपनियों के जरिए किया गया मनी लॉन्ड्रिंग जांच में ईडी को पता चला कि अवैध सट्टेबाजी से कमाए गए पैसे को कैश के बदले फर्जी कंपनियों और कई स्तर के वित्तीय लेन-देन के जरिए वैध दिखाया गया। एजेंसी के मुताबिक, अपराध से कमाए गए करीब 940.77 करोड़ रुपए विकास गर्ग के नियंत्रण वाली कंपनियों में पहुंचाए गए। बाद में इस रकम से शेयर, निवेश और अन्य संपत्तियां खरीदी गईं। पहले भी हो चुकी है बड़ी कार्रवाई ईडी ने बताया कि इस मामले में इससे पहले 7 बार संपत्तियां कुर्क की जा चुकी हैं। वहीं, एजेंसी रायपुर स्थित विशेष पीएमएलए अदालत में कई अभियोजन शिकायतें भी दाखिल कर चुकी है। अदालत धन शोधन (मनी लॉन्ड्रिंग) के मामले में संज्ञान भी ले चुकी है। अब तक 3800 करोड़ की संपत्ति अटैच इस कार्रवाई से पहले ईडी इस मामले में करीब 2,825 करोड़ रुपए की चल-अचल और विदेशी संपत्तियां अटैच, जब्त या फ्रीज कर चुकी थी। महादेव ऑनलाइन बुक और स्काईएक्सचेंज बेटिंग मामले में कुर्क, जब्त और फ्रीज की गई संपत्तियों का कुल मूल्य बढ़कर लगभग 3,800 करोड़ रुपए पहुंच गया है। ईडी का कहना है कि मामले में मनी लॉन्ड्रिंग के पूरे नेटवर्क और इससे जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की जांच अभी भी जारी है। ……………………. इससे संबंधित यह खबर भी पढ़िए… सट्टा सिंडिकेट का मास्टरमाइंड बाबू खेमानी मुंबई से अरेस्ट:महादेव ऐप की तर्ज पर कराई बेटिंग, रिश्तेदार ऑपरेट कर रहे थे रायपुर का इन्फ्लुएंसर और सट्टा सिंडिकेट का मास्टरमाइंड बाबू खेमानी को रायपुर पुलिस ने मुंबई से गिरफ्तार किया। 17 अप्रैल को खेमानी को फ्लाइट से रायपुर लाया गया है। इसके साथ ही 6 और आरोपी भी पकड़े गए हैं। उनके कब्जे से BMW समेत 60 लाख का सामान जब्त हुआ है। पढ़ें पूरी खबर…
दौसा कलक्ट्रेट सभागार में मंगलवार को जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक कलेक्टर डॉ. सौम्या झा की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे सहित जिले के नेशनल एवं स्टेट हाइवे पर सड़क सुरक्षा, हादसों की रोकथाम, यातायात प्रबंधन और आवश्यक सुधारों की डिटेल समीक्षा कर संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश दिए गए। बैठक में कलेक्टर ने दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे के संबंध में तैयार की जा रही ऑडिट रिपोर्टों की समीक्षा करते हुए कहा कि सड़क पर चलने वाले वाहन चालकों को समय पर स्पष्ट एवं पर्याप्त दिशा-निर्देश मिलना जरूरी है। उन्होंने निर्देश दिए कि जयपुर सहित विभिन्न प्रमुख गंतव्यों के लिए दाएं एवं बाएं मुड़ने के संकेतक निर्धारित दूरी पर लगाए जाएं, ताकि ड्राइवर भ्रमित न हों। कलेक्टर ने कहा कि एक्सप्रेस-वे पर ऐसे पर्याप्त साइनेज बोर्ड एवं चेतावनी संकेत लगाए जाएं, जिनसे वाहन चालक सड़क पर वाहन रोकने, गलत लेन में चलने अथवा सड़क पर पार्किंग जैसी गलतियों से बच सकें। उन्होंने चिह्नित स्थानों पर सभी आवश्यक सुधारात्मक कार्य जल्द पूरे करने के निर्देश दिए। ट्रक ड्राइवरों के लिए वाजिब दर पर खाने एवं अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए कार्रवाई करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ऑफिस में देनी होगी रिपोर्टउन्होंने एनएचएआई अधिकारियों को उपयुक्त स्थानों पर साइनेज बोर्ड लगाने, खराब कैमरों एवं डिस्प्ले बोर्डों को दुरुस्त कराने और सड़क सुरक्षा से जुड़े सभी कार्य निर्धारित समय सीमा में पूरे करने के निर्देश दिए। साथ ही ऑटोमेटिक चालान की मासिक रिपोर्ट नियमित रूप से कलेक्टर ऑफिस को उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिए। कलेक्टर ने गलत लेन में वाहन चलाने एवं हाईवे पर अवैध रूप से वाहन खड़ा करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने और संबंधित चेतावनी बोर्ड लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने एसडीएम की अध्यक्षता में समिति गठित कर हाईवे के आसपास संचालित अवैध ढाबों एवं शराब की दुकानों के खिलाफ कार्रवाई करने को कहा। एसडीएम करेंगे क्रॉस वेरिफिकेशनबैठक में जयपुर-आगरा हाईवे पर सड़क सुरक्षा के लिए चिन्हित बिंदुओं पर की गई कार्रवाई की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने इन कार्यों का संबंधित एसडीएम से क्रॉस वेरिफिकेशन कराने के निर्देश दिए। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को जिले के सभी अस्पतालों में पीएम-राहत पोर्टल सक्रिय रखने, एम्बुलेंस सेवाओं को और अधिक प्रभावी बनाने तथा ट्रॉमा सेंटर की व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करने के निर्देश दिए। इसके अलावा दौसा शहर की विभिन्न सड़कों पर बने अनाधिकृत कट एवं अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई में तेजी लाने को भी कहा। 31 जुलाई तक दुरुस्त करेंगे व्यस्थाएंबैठक में एनएचएआई अधिकारियों ने बताया कि एक्सप्रेस-वे पर खराब कैमरों एवं डिस्प्ले बोर्डों को ठीक कराने का कार्य 31 जुलाई तक पूरे कर लिए जाएंगे। इमरजेंसी सहायता के लिए 1033 हेल्पलाइन के डिस्प्ले बोर्ड विभिन्न स्थानों पर लगाए जा चुके हैं। सड़क सुरक्षा को और मजबूत बनाने के लिए साइनेज बोर्ड, स्पीड़ नियंत्रण तथा अन्य आवश्यक सुधारात्मक कार्य लगातार किए जा रहे हैं। बैठक में एसपी पीयूष दीक्षित, एडीएम लालसोट मनमोहन मीणा, आरटीओ जगदीश अमरावत, डीटीओ संजीव भारद्वाज, एनआईसी प्रभारी वीके शर्मा, एनएचएआई व अन्य विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
सहरसा रेलवे स्टेशन पर मंगलवार को रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) और राजकीय रेल पुलिस (जीआरपी) की संयुक्त कार्रवाई में 15 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया। यह गांजा नई दिल्ली जा रही ट्रेन से जब्त किया गया। मामले में हरियाणा निवासी एक तस्कर को गिरफ्तार किया गया है। बरामद गांजे की अनुमानित कीमत 7.50 लाख रुपये बताई जा रही है। गुप्त सूचना पर चलाया गया अभियान आरपीएफ पोस्ट सहरसा के निरीक्षक धनंजय कुमार को मंगलवार को सूचना मिली थी कि ट्रेन संख्या 04071 के एक कोच में जितेंद्र नामक व्यक्ति सुपौल से नई दिल्ली की ओर मादक पदार्थ लेकर यात्रा कर रहा है। सूचना के आधार पर आरपीएफ ने जीआरपी सहरसा के साथ मिलकर संयुक्त अभियान चलाया और प्लेटफॉर्म संख्या-3 पर खड़ी ट्रेन की तलाशी शुरू की। टीटीई की जानकारी से यात्री तक पहुंची टीम तलाशी के दौरान शुरुआती जांच में संदिग्ध व्यक्ति नहीं मिला। इसके बाद टीम ने ऑन ड्यूटी टीटीई से यात्रियों की जानकारी ली। टीटीई ने बताया कि जितेंद्र नाम का यात्री कोच बी-2 की सीट संख्या 58 पर सुपौल से बनारस तक का आरक्षित टिकट लेकर सफर कर रहा है। इसके बाद पुलिस टीम उक्त सीट पर पहुंची, जहां एक व्यक्ति चादर ओढ़कर सोया मिला। पूछताछ में खोला गांजा रखने का राज पूछताछ में व्यक्ति ने अपना नाम जितेंद्र बताया, लेकिन अपने सामान के बारे में संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। बाद में उसने स्वीकार किया कि उसके ट्रॉली बैग, पिट्ठू बैग और हैंडबैग में गांजा रखा हुआ है। ट्रेन के प्रस्थान समय को देखते हुए आरोपी और उसके तीनों बैग को वीडियो रिकॉर्डिंग के साथ आरपीएफ पोस्ट लाया गया। दंडाधिकारी की मौजूदगी में हुई जांच दंडाधिकारी ललन कुमार चौधरी (मार्केटिंग ऑफिसर, सत्तरकटैया) की मौजूदगी में बैगों की तलाशी ली गई। इलेक्ट्रॉनिक तराजू से वजन करने पर कुल 15 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। गिरफ्तार आरोपी की पहचान जितेंद्र (39 वर्ष), पिता सुरेश कुमार, निवासी लक्ष्मीनगर, थाना एवं जिला भिवानी, हरियाणा के रूप में हुई है। तलाशी के दौरान उसके पास से दो मोबाइल फोन भी बरामद किए गए। एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज हुआ मामला जीआरपी सहरसा ने आरोपी के खिलाफ रेल थाना कांड संख्या 30/26 के तहत एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20(b)(ii)(B) में प्राथमिकी दर्ज की है। मामले की जांच अवर निरीक्षक राजेश कुमार को सौंपी गई है। गांजे की खेप कहां से आई, जांच में जुटी पुलिस पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गांजे की यह खेप कहां से लाई गई थी और इसे किस व्यक्ति तक पहुंचाया जाना था। तस्करी के नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटाने के लिए भी जांच जारी है।
भिवानी के गांव ढाणी लक्ष्मण निवासी शिक्षिका मनीषा मौत मामले में कमेटी मंगलवार को दिल्ली पहुंची। वहां उन्होंने सीबीआई अधिकारियों के साथ बैठक की। कमेटी में मनीषा के पिता संजय कुमार, किसान नेता सुरेश कोथ, जिलाध्यक्ष मेवा सिंह आर्य, पूर्व सरपंच शिंभूराम और पूर्व सरपंच महावीर सिंह शामिल रहे। अधिकारियों के साथ यह मीटिंग करीब डेढ़ घंटे तक चली। मनीषा के पिता संजय ने बताया कि सीबीआई अधिकारियों ने कहा कि जांच अभी जारी है और 15-20 दिन में मामले का खुलासा किया जाएगा। संजय ने कहा कि अब केवल अधिकारियों से ही खुलासे की उम्मीद है। सीबीआई जल्द खुलासा कर बेटी को न्याय दे। मीटिंग में जांच और आगे का कार्रवाई पर बात हुई उन्होंने बताया कि बैठक में अधिकारियों ने मनीषा प्रकरण में अब तक की जांच, जुटाए गए साक्ष्यों और आगे की कार्रवाई पर विस्तार से चर्चा की, वहीं परिजनों ने भी मामले से जुड़े कई महत्वपूर्ण बिंदुओं से सीबीआई अधिकारियों को अवगत कराया। बैठक में परिजनों ने जांच में तेजी लाने, दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने तथा मामले की निष्पक्ष जांच की मांग दोहराई। सीबीआई अधिकारियों ने उनकी बातों को गंभीरता से सुना और भरोसा दिलाया कि जांच सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर की जा रही है। उन्होंने परिजनों को बताया कि मामले में दायर याचिका पर अगली सुनवाई 14 अगस्त को निर्धारित है। इस दौरान सीबीआई अदालत में अपनी स्टेटस रिपोर्ट दाखिल करेगी। रिपोर्ट में अब तक की जांच की प्रगति, एकत्र किए गए साक्ष्यों, पूछताछ और आगामी जांच की रूपरेखा का विस्तृत उल्लेख किया जाएगा।
नमस्कार, पंजाब में आज की सबसे बड़ी खबर बच्चों को जहर पिलाने से जुड़ी रही। मां ने 3 बच्चों के साथ जहर पी लिया। सभी को अस्पताल में भर्ती करवाया गया। यहां बेटी की मौत हो गई। दिनभर की 10 चुनिंदा बड़ी खबरों को VIDEO में देखने के लिए ऊपर क्लिक करें… इन 10 बड़ी खबरों को विस्तार से यहां पढ़ भी सकते हैं। तो आइए जानते हैं, पंजाब-चंडीगढ़ में दिनभर में क्या कुछ खास रहा… 1. लाश को साइकिल पर ले गए, बारिश के बीच सड़क पर फेंका चंडीगढ़ में युवक को लाश को साइकिल पर ले जाने का CCTV फुटेज सामने आया है। जिसमें दो युवक तेज बारिश के बीच साइकिल पर लिटाकर ले जाते दिख रहे हैं, सड़क पर पानी भरा है, उसके पैर जमीन से टकराते हुए जा रहे हैं। कुछ दूरी पर जाकर दोनों उसे गिराकर वहां से फरार हो जाते हैं। जिससे उसकी लाश सड़क पर पड़ी रही। पुलिस ने नशे की ओवरडोज से युवक की मौत की बात ही है। लेकिन परिजनों ने हत्या का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि अगर मौत नशे की ओवरडोज से हुई, तो पुलिस इसका कोई सबूत दे। उन्होंने कहा कि शव तड़के करीब 4 बजे मिला था, लेकिन पुलिस ने हमें सुबह 10 बजे इसी सूचना दी। शरीर पर भी चोट के निशान मिले हैं। CCTV फुटेज पुलिस को सौंप दी है, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। परिजनों ने पुलिस पर आरोपियों को बचाने का आरोप लगाया है। (पढ़ें पूरी खबर) 2. विवादित 'भाभी चुम्मेवाली' का नया VIDEO लुधियाना में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर रंजीत कौर उर्फ 'भाभी चुम्मेवाली' ने विवादों के बीच अपना नया प्रोफेशनल पंजाबी गाना रिलीज कर दिया है। वीडियो में वह लाल सलवार-सूट पहनकर काली महिंद्रा जीप के बोनट पर देसी अंदाज में नजर आती हैं। उनके साथ पति जिंदा हंस और बेटी भी डांस करते दिखाई देते हैं। पूरे वीडियो में डांस से ज्यादा कॉमिक अंदाज, अजीबोगरीब डांस स्टेप्स देखने को मिलता है। एक सीन में रंजीत कौर के पति उन्हें गोद में उठाकर गोल-गोल घुमाते हैं और मजाकिया अंदाज में ठुमके लगाते नजर आते हैं। इधर, निहंग मनप्रीत सिंह ने कहा कि एक अन्य वीडियो में भाभी चुम्मेवाली एक हाथ में राइफल व दूसरे हाथ में कुल्हाड़ी लेकर सरेआम कह रही है कि जिसने पर्चे करवाने हैं करवाए। मैं डरने वाली नहीं हूं। हालांकि यह वीडियो अब डिलीट कर दिया गया है। (पढ़ें पूरी खबर) 3. BJP की महिला नेता SIR पर बयान देकर फंसी पंजाब BJP की स्टेट सेक्रेटरी और दीनानगर विधानसभा प्रभारी रेणु कश्यप का एक वीडियो सामने आया है। जिसमें वह कहती सुनाई दे रही हैं कि SIR करवा लो, 20-25 हजार वोट कटवा लो और अपना MLA बना लो। इस वीडियो के सामने आने के बाद रेणु ने सफाई दी। उन्होंने कहा कि इस वीडियो को तोड़-मरोड़कर पेश किया जा रहा। उधर, SDM ने इस मामले की जांच शुरू कर दी है। ये वीडियो 2 को जुलाई को दीनानगर में हुए कार्यकर्ता सम्मेलन का बताया जा रहा है। वीडियो कार्यकर्ता सम्मेलन में किसी भाजपा वर्कर ने ही रिकॉर्ड किया है। इसे कांग्रेसी वर्करों की ओर से वॉट्सएप पर शेयर किया गया। दीनानगर से कांग्रेस की विधायक अरुणा चौधरी ने मुख्य चुनाव अधिकारी अनिंदिता मित्रा को शिकायत दी है। (पढ़ें पूरी खबर) 4. मां ने 3 बच्चों समेत कीटनाशक पीया, बेटी की मौत कपूरथला में महिला ने तीन बच्चों के साथ कीटनाशक दवा पी ली। उसका पति जब घर पहुंचा, तो तीनों बच्चे जमीन पर बेहोश पड़े हुए थे। जबकि, महिला उल्टियां कर रही थी और अर्ध-बेहोशी की हालत में थी। पति ने तुरंत एम्बुलेंस बुलाई और पत्नी व तीनों बच्चों को लेकर सिविल अस्पताल कपूरथला पहुंचा, जहां इमरजेंसी वार्ड डॉक्टरों ने इलाज के दौरान 6 साल की बेटी को मृत घोषित कर दिया। जबकि, एक बेटी और बेटा व पत्नी की हालत गंभीर होने के कारण अमृतसर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया, यहां पर इनकी भी हालत नाजुक बताई जा रही है। फिलहाल इनका इलाज चल रहा है। इधर, घटना की सूचना मिलते ही थाना सदर पुलिस की टीम भी मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी। फिलहाल पुलिस घटना के पीछे की असली वजह ढूंढ रही है। (पढ़ें पूरी खबर) 5. बेअदबी आरोपी की गला काटकर हत्या, जेल से छूटा था फतेहगढ़ साहिब जिले में बेअदबी के आरोपी की तेजधार हथियार से काटकर हत्या कर दी गई। नकाबपोश हमलावर आधी रात को घर में घुसे। जिसके बाद तेजधार हथियार से उस पर हमला कर दिया। इस दौरान व्यक्ति के चिल्लाने की आवाज सुनकर उसकी बेटी और पत्नी की आंख खुल गई। वह 7 महीने पहले ही जमानत पर जेल से छूटा था। बेटी ने कहा कि डैडी ‘मैनूं बचा लो, मैनूं मारता-मैनूं मारता’ चिल्ला रहे थे। जब हम डंडा लेकर बचाने गए तो हमलावरों ने हम पर अटैक कर दिया। हमने कमरे के दरवाजे को कुंडी लगाकर जान बचाई। फिर पड़ोसियों को फोन कर बुलाया। उनके आने का पता चलते ही हमलावर दीवार फांदकर भाग निकले। कत्ल की वजह से घर के अंदर चारों तरफ खून ही खून फैला हुआ था। इसके बाद पुलिस बुलाई गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। पुलिस हत्या की वजह के बारे में पता चल रही है। मरने वाले का नाम मेवा सिंह है। वह मंडी गोबिंदगढ़ के गांव लाडपुर तूरां स्थित गुरुद्वारा साहिब में 6 साल पुराने बेअदबी केस का आरोपी था। वह जमानत पर जेल से छूटकर आया था। (पढ़ें पूरी खबर) 6. कांग्रेस प्रधान पद से इस्तीफा दे सकते हैं राजा वड़िंग, प्रभारी तलब पंजाब में अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग कांग्रेस के प्रधान पद से इस्तीफा दे सकते हैं। दिल्ली में राहुल गांधी और राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बीच हुई मीटिंग के बीच से सोर्सेज से ये खबर सामने आ रही है। सूचना यह भी है कि पंजाब प्रभारी भूपेश बघेल को भी राहुल गांधी ने तलब किया है। बघेल छत्तीसगढ़ से दिल्ली निकल चुके हैं, और इनकी बुधवार को राहुल गांधी के साथ मीटिंग हो सकती है। दरअसल, पंजाब कांग्रेस प्रभारी भूपेश बघेल की रिपोर्ट में ये साफ नजर आया है कि पूर्व CM व सांसद चरणजीत चन्नी और सांसद सुखजिंदर रंधावा किसी भी कीमत में राजा वड़िंग की अगुआई में चुनाव लड़ने को तैयार नहीं हैं। रंधावा तो उन्हें इशारों में कंप्रोमाइज्ड लीडर तक बता चुके हैं। कांग्रेस हाईकमान के पास ये भी रिपोर्ट पहुंची कि एक तरफ 23 जिलों के प्रधान राजा वड़िंग के हक में हैं तो दूसरी तरफ 117 में से 90 से ज्यादा चुनाव हारे या जीते नेता चन्नी के पक्ष में हैं। प्रभारी बघेल पहले ही कह चुके हैं कि हाईकमान का फैसला नहीं बदलेगा, राजा वड़िंग प्रधान बने रहेंगे, लेकिन कांग्रेस ये भी जानती है कि चन्नी ग्रुप को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। माना जा रहा है कि हाईकमान के इशारे पर या राजा वड़िंग पार्टी के लिए खुद भी ये पद छोड़ सकते हैं। हालांकि, इतना तय है कि कांग्रेस हाईकमान चरणजीत चन्नी या सुखजिंदर रंधावा में से किसी को भी प्रधान पद की कुर्सी नहीं सौंपेगा। वहीं, राजा वड़िंग के करीबियों का कहना है कि अभी प्रधान की तरफ से ऐसा कुछ नहीं सोचा जा रहा है। कांग्रेस ने इसकी पुष्टि नहीं की है। (पढे़ं पूरी खबर) 7. बिना महकमे के AAP मंत्री जेल में मांगे VIP फेसिलिटी गुरुग्राम की भोंडसी जेल में बंद पंजाब के कैबिनेट मंत्री संजीव अरोड़ा को अब जेल की रोटी और हवा रास नहीं आ रही है। VIP ट्रीटमेंट की आदत और जेल के कड़े नियमों के बीच फंसे मंत्री ने अब राहत के लिए अदालत का दरवाजा खटखटाया है। मंत्री संजीव अरोड़ा की तरफ से गुरुग्राम की स्पेशल कोर्ट में एक-दो नहीं, बल्कि तीन अलग-अलग पिटीशन दायर की गई हैं। इन याचिकाओं में उन्होंने जेल प्रशासन से खास सुविधाएं देने की मांग की है। संजीव अरोड़ा ने अदालत से घर से पका हुआ खाना, ठंडे पानी के लिए वाटर कूलर और इंसुलिन रखने के लिए फ्रीजर की डिमांड की है। कोर्ट ने इन मांगों पर प्रवर्तन निदेशालय (ED) और जेल प्रशासन से जवाब मांगा है। वहीं आअ के स्पेशल सरकारी वकील ने अपना रिप्लाई फाइल करने के लिए कोर्ट से थोड़ा समय मांगा है। जब तक ED के वकील ने कोर्ट में जवाब फाइल नहीं किया तब तक मंत्री को जेल खाना और सामान्य पानी ही पीना पड़ेगा। (पढ़ें पूरी खबर) 8. शादी के 5 महीने बाद युवक ने सुसाइड किया लुधियाना में शादी के पांच महीने बाद एक युवक ने नहर में कूदकर आत्महत्या कर ली। मृतक के पिता ने आरोप लगाया है कि बहू, ससुराल वालों और एक रिश्तेदार द्वारा लगातार हस्तक्षेप व मानसिक प्रताड़ना के कारण बेटे ने यह कदम उठाया। मरने से पहले युवक ने वीडियो बनाया। जिसमें वह रोता दिख रहा है। युवक ने परिवार को फोन कर बताया कि वह ससुराल पक्ष के लोगों से परेशान होकर नहर में छलांग लगाने आया है। मृतक का नाम करनदीप है और वह लैब टेस्टिंग का काम करता था। उसका एक छोटा भाई भी है। करनदीप (29) के पिता ने बताया कि बेटे की शादी 20 फरवरी 2026 को स्वाति के साथ हुई थी। शादी के बाद स्वाति घर के कामकाज में सहयोग नहीं करती थी। इस बात को लेकर करनदीप ने उसे कई बार समझाया। कुछ समय बाद स्वाति के पिता ने हस्तक्षेप करना शुरू कर दिया। पुलिस ने शिकायत के आधार पर पत्नी समेत 5 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। (पढ़ें पूरी खबर) 9. छत गिरने से मां-बेटे की मौत, तेज बारिश पर ब्रेक पंजाब में मानसून सीजन के दौरान बठिंडा में देर रात छत गिर गई। जिससे नीचे कमरे में सो रहा परिवार मलबे में दब गया। इससे मां-बेटे की मौत हो गई जबकि 2 बेटियों हालत नाजुक बनी हुई है। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस के मुताबिक यह हादसा सोमवार देर रात तलवंडी साबो में रात 11 बजे हुआ। छत तेज धमाके के साथ गिरी। जिससे आसपास के लोग दौड़े-दौड़े वहां पहुंचे। जिसके बाद मलबे में दबे परिवार को बाहर निकाला गया। अस्पताल ले जाने पर वीरपाल कौर (40) और अर्शदीप सिंह(14) की मौत हो गई। वहीं 2 बेटियां समनप्रीत कौर व खुशप्रीत कौर को गंभीर हालत में बाहर निकाला गया। सनमप्रीत की टांग टूट गई है, जबकि खुशप्रीत का हाथ फ्रैक्चर हो गया है। सनमप्रीत पढ़ाई में तेज छात्रा है। वह लगातार 9 वर्षों तक अपनी कक्षा में प्रथम स्थान हासिल करती रही है। हाल ही में उसने 12वीं कक्षा 95 प्रतिशत अंकों के साथ पास की थी। वीरपाल के पति धर्म सिंह उर्फ काला तलवंडी साबो स्थित एक निजी सीवरेज प्लांट में कार्यरत हैं। मरने वाला अर्शदीप उनका इकलौता बेटा था। पुलिस का मानना है कि मकान की हालत जर्जर थी, पिछले दिनों हुई बरसात से ये कमजोर हो गया और छत गिर गई। (पढ़ें पूरी खबर) खबर जरा हटके… 10. मरीज की मौत के बाद डेडबॉडी अस्पताल से बाहर फेंकी फरीदकोट में मरीज की मौत के बाद गुरु गोबिंद सिंह मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल ने शव को मॉर्च्युरी भेजने की बजाय बाहर फिंकवा दिया। पुलिस करीब एक सप्ताह पहले घायल अवस्था में मिले व्यक्ति को इलाज के लिए अस्पताल लेकर आई थी। उसका उपचार अस्पताल के सर्जरी विभाग में चल रहा था। सोमवार रात इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। आरोप है कि सर्जरी विभाग में तैनात एक हाउस सर्जन के निर्देश पर अस्पताल कर्मचारियों ने शव को अस्पताल परिसर के पास स्थित रामबाग के निकट छोड़ दिया। जब राहगीरों ने शव देखा तो उन्होंने समाजसेवी संस्था सहारा सोसायटी को सूचना दी। इसके बाद पुलिस भी मौके पर पहुंची। सूचना मिलते ही अस्पताल प्रशासन भी सक्रिय हुआ और शव को आनन फानन में मॉर्च्युरी में रखवाया। हाउस सर्जन को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर विभागीय जांच के आदेश जारी कर दिए गए हैं। (पढ़ें पूरी खबर) (कल शाम 6 बजे फिर होगी मुलाकात)
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने आज आगामी '22वीं कॉमनवेल्थ टेबल टेनिस चैंपियनशिप 2026' के आधिकारिक शुभंकर (मैस्कॉट) ‘मयूर’ का गरिमामयी अनावरण किया। राष्ट्रीय पक्षी मोर से प्रेरित यह शुभंकर न केवल भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और विविधता को दर्शाता है, बल्कि एथलीटों की ऊर्जा और जीवंतता का भी सजीव प्रतीक है। आगामी 27 जुलाई से शुरू होने वाले इस अंतरराष्ट्रीय खेल महाकुंभ की मेजबानी के लिए दिल्ली पूरी तरह तैयार है। इसका समापन 2 अगस्त को किया जाएगा। चैंपियनशिप की मुख्य बातें और आयोजन का विवरण शुभंकर के अनावरण के दौरान मुख्यमंत्री ने खेल के आयोजन से जुड़ी कई महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं। आयोजन की तिथि: यह प्रतिष्ठित चैंपियनशिप 27 जुलाई से 2 अगस्त 2026 तक खेली जाएगी। खेल का मैदान: सभी मुकाबले दिल्ली के अत्याधुनिक त्यागराज स्टेडियम में आयोजित होंगे। वैश्विक भागीदारी: इस बार चैंपियनशिप में 25 से अधिक देशों के शीर्ष खिलाड़ी अपनी खेल कला और कौशल का प्रदर्शन करेंगे। दिल्ली की खेल भावना और उत्कृष्ट मेजबानी का गवाह बनेगा विश्व- मुख्यमंत्री इस अवसर पर मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्लीवासियों को बधाई देते हुए कहा- यह आयोजन हर दिल्लीवासी के लिए अत्यंत गर्व का क्षण है। पूरी दुनिया इस चैंपियनशिप के दौरान दिल्ली की उत्कृष्ट खेल भावना, हमारी बेहतरीन आयोजन क्षमता और हमारी पारंपरिक 'अतिथि देवो भव:' की आत्मीय मेजबानी की साक्षी बनेगी। हम सभी देशों के खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों का स्वागत करने के लिए उत्सुक हैं। विशिष्ट अतिथियों की उपस्थिति कार्यक्रम को और अधिक गरिमामयी बनाने के लिए दिल्ली सरकार के कैबिनेट मंत्री आशीष सूद और टेबल टेनिस फेडरेशन ऑफ इंडिया (TTFI) के वरिष्ठ पदाधिकारी भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। सभी ने इस आयोजन को ऐतिहासिक बनाने और खिलाड़ियों को विश्वस्तरीय सुविधाएं प्रदान करने की प्रतिबद्धता जताई।
इंदौर की साढ़े तीन साल की अनिका शर्मा स्पाइनल मस्कुलर एट्रोफी (SMA टाइप-2) जैसी दुर्लभ बीमारी से जूझ रही है। उसके इलाज के लिए अमेरिका से मंगाए जाने वाले करीब 9 करोड़ रुपए के इंजेक्शन की जरूरत है। क्राउड फंडिंग और समाज के सहयोग से परिवार अब तक करीब 8.23 करोड़ रुपए जुटा चुका है। अनिका का इलाज फिलहाल दिल्ली एम्स में चल रहा है। मंगलवार को अनिका के माता-पिता इंदौर क्राइम ब्रांच पहुंचे और एक दिल्ली पुलिसकर्मी पर गंभीर आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई। बच्ची की मां सरिता शर्मा ने बताया कि इलाज के लिए शेष एक करोड़ रुपए जुटाने के उद्देश्य से वे दिल्ली में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स और यूट्यूबर्स से मदद मांगने गए थे। उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली पुलिस में पदस्थ विक्रांत चौहान, जो सोशल मीडिया पर 'पुलिस वाला इंसान' नाम से अकाउंट चलाते हैं, ने अनिका, उसके माता-पिता और फंड जुटाने वाले लोगों को लेकर बिना अनुमति भ्रामक वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर प्रसारित कर दिया। इस वीडियो के बाद लोगों में गलत संदेश गया और बच्ची के इलाज के लिए मिलने वाली फंडिंग प्रभावित होने लगी। सरिता शर्मा ने बताया कि उन्होंने इस मामले में दिल्ली पुलिस आयुक्त के साथ-साथ इंदौर क्राइम ब्रांच के अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त राजेश दंडोतिया को भी शिकायत दी है। उनका कहना है कि उन्होंने विक्रांत चौहान से दो बार फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन उन्होंने बात नहीं की। परिवार ने मांग की है कि भ्रामक सामग्री हटाई जाए, ताकि अनिका के इलाज के लिए चल रही फंडिंग प्रभावित न हो और समय पर इंजेक्शन उपलब्ध कराया जा सके।
हरियाणा के महेंद्रगढ़ जिला में बीकानेर रेलवे मंडल के कनीना खास और महेंद्रगढ़ रेलवे स्टेशनों के बीच समपार फाटक संख्या-98 पर रोड अंडर ब्रिज (आरयूबी) निर्माण कार्य के चलते रेलवे ने ब्लॉक लिया है। इसके कारण 14 से 17 अक्टूबर तक इस रेलखंड पर ट्रेनों का संचालन प्रभावित रहेगा। इसके चलते उत्तर पश्चिम रेलवे ने कई ट्रेनों को रद्द, आंशिक रद्द, मार्ग परिवर्तित और रीशेड्यूल करने का निर्णय लिया है। उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी अमित सुदर्शन ने बताया कि निर्माण कार्य के चलते रेवाड़ी-बीकानेर एक्सप्रेस (54789) और बीकानेर-रेवाड़ी एक्सप्रेस (54790) 14 से 17 अक्टूबर तक पूरी तरह रद्द रहेंगी। सीकर-रेवाड़ी एक्सप्रेस लोहारू तक चलेगी वहीं सीकर-रेवाड़ी एक्सप्रेस (54803) 14 अक्टूबर को केवल लोहारू तक ही संचालित होगी। इसके कारण लोहारू से रेवाड़ी के बीच यह ट्रेन आंशिक रूप से रद्द रहेगी। इसी प्रकार रेवाड़ी-जोधपुर एक्सप्रेस (14824) 14 अक्टूबर को रेवाड़ी के बजाय लोहारू से रवाना होगी। ऐसे में रेवाड़ी से लोहारू के बीच इसका संचालन नहीं होगा। पांच ट्रेनों का मार्ग बदला रेलवे ने पांच ट्रेनों के मार्ग में भी बदलाव किया है। श्रीगंगानगर-तिलक ब्रिज एक्सप्रेस (14727), हिसार-दिल्ली रेलसेवा (54310), दिल्ली-हिसार रेलसेवा (54309), दिल्ली सराय-सीकर रेलसेवा (14717) तथा दिल्ली सराय-जोधपुर एक्सप्रेस (22421) परिवर्तित मार्ग से संचालित होंगी। यहां से चलेंगी इनमें कुछ ट्रेनें भिवानी-रेवाड़ी होकर तो कुछ रेवाड़ी-रींगस-फुलेरा मार्ग से चलाई जाएंगी। परिवर्तित मार्ग पर इन ट्रेनों का निर्धारित स्टेशनों पर ठहराव भी रहेगा। इसके अलावा दिल्ली सराय-बीकानेर एक्सप्रेस (22472) 14 अक्टूबर को अपने निर्धारित समय से एक घंटे की देरी से रवाना होगी। स्थिति की लें जानकारी रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से यात्रा पर निकलने से पहले अपनी ट्रेन की स्थिति की जानकारी लेने की अपील की है, ताकि उन्हें किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
देश के लाखों मेडिकल परीक्षार्थियों और उनके अभिभावकों के लिए इस वक्त की सबसे बड़ी और बहुप्रतीक्षित खबर सामने आ रही है। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) समेत देश के तमाम प्रतिष्ठित सरकारी और प्राइवेट मेडिकल कॉलेजों में दाखिले की उम्मीद लगाए बैठे छात्रों का इंतजार अब चंद दिनों में खत्म होने वाला है। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) द्वारा आयोजित राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा यानी नीट यूजी (NEET UG) के परीक्षा परिणामों को लेकर चल रहा सस्पेंस पूरी तरह समाप्त होने जा रहा है। सूत्रों और आधिकारिक गलियारों से मिली ताजा जानकारी के मुताबिक, एनटीए 16 से 20 जुलाई के बीच किसी भी वक्त नीट यूजी के नतीजे घोषित कर सकता है। इस घोषणा के साथ ही देश के भावी डॉक्टरों के भविष्य का फैसला हो जाएगा।कड़े सुरक्षा इंतजामों के बीच कॉपियों का मूल्यांकन पूरा, अंतिम चरण में तैयारीइस साल आयोजित हुई नीट यूजी परीक्षा में देश भर के रिकॉर्ड तोड़ छात्रों ने हिस्सा लिया था। परीक्षा के बाद से ही छात्र लगातार अपनी आंसर की (Answer Key) और रिजल्ट की तारीख का बेसब्री से इंतजार कर रहे थे। एनटीए के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, उत्तर पुस्तिकाओं की कड़ाई से जांच और ओएमआर शीट के वेरिफिकेशन का काम पूरी तरह से मुकम्मल कर लिया गया है। अब तकनीकी रूप से डेटा को अंतिम रूप दिया जा रहा है ताकि रिजल्ट जारी होने के बाद वेबसाइट पर कोई तकनीकी खराबी न आए। छात्र एनटीए की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर अपने रोल नंबर और जन्म तिथि के जरिए अपना स्कोरकार्ड और ऑल इंडिया रैंक (AIR) डाउनलोड कर सकेंगे।एम्स दिल्ली और टॉप मेडिकल कॉलेजों के कट-ऑफ पर टिकी सबकी नजरेंनीट यूजी का रिजल्ट आते ही जो सबसे बड़ा मुकाबला शुरू होगा, वह है देश के सर्वश्रेष्ठ मेडिकल संस्थान एम्स दिल्ली (AIIMS Delhi) में सीट पक्की करने का। जियोग्राफिकल और लोकल लेवल पर देखें तो दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, जोधपुर और ऋषिकेश जैसे प्रमुख शहरों में स्थित एम्स संस्थानों की सीटों के लिए कट-ऑफ बेहद हाई रहने की उम्मीद है। स्थानीय कोचिंग सेंटर्स और एजुकेशन एक्सपर्ट्स का मानना है कि इस बार प्रश्न पत्र के स्तर को देखते हुए टॉपर्स के स्कोर में कड़ी टक्कर देखने को मिल सकती है। ऐसे में चंद नंबरों के फासले से भी छात्रों की रैंक में सैकड़ों पायदान का अंतर आ सकता है, जिसके चलते एम्स की दौड़ इस बार और भी ज्यादा दिलचस्प हो गई है।रिजल्ट के तुरंत बाद शुरू होगी काउंसलिंग की भागदौड़नतीजे घोषित होने के तुरंत बाद मेडिकल काउंसलिंग कमेटी (MCC) और विभिन्न राज्यों के स्थानीय तकनीकी शिक्षा विभाग ऑल इंडिया कोटा (15%) और स्टेट कोटा (85%) सीटों के लिए काउंसलिंग की प्रक्रिया शुरू कर देंगे। विशेषज्ञों ने छात्रों और उनके परिजनों को सलाह दी है कि वे रिजल्ट आने से पहले ही अपने सभी जरूरी दस्तावेज, जैसे जाति प्रमाण पत्र, डोमिसाइल (मूल निवास), नीट का एडमिट कार्ड और जरूरी शैक्षणिक कागजात तैयार रखें ताकि काउंसलिंग के समय किसी भी तरह की हड़बड़ी या परेशानी से बचा जा सके।एआई सर्च और आधुनिक जनरेटिव इंजन पर टॉप ट्रेंड बना नीट परीक्षा परिणामआधुनिक जनरेटिव इंजन ऑप्टिमाइजेशन (GEO) और डिजिटल मीडिया एनालिटिक्स के मुताबिक, 'NEET UG Result Announcement 2026' इस समय इंटरनेट और ग्लोबल एआई सर्च इंजनों पर सबसे बड़ी सर्च वेव बन चुका है। गूगल और बिंग जैसे आधुनिक एआई सर्च इंजनों पर देश भर के करोड़ों लोग लगातार 'नीट यूजी रिजल्ट डायरेक्ट लिंक' और 'एम्स एक्सपेक्टेड कट ऑफ' जैसे कीवर्ड्स खोज रहे हैं। एआई मॉडल्स के अनुसार, जुलाई का यह हफ्ता देश के पूरे एजुकेशन सेक्टर के लिए सबसे महत्वपूर्ण होने वाला है, जिसकी पल-पल की लाइव अपडेट्स पर छात्र टकटकी लगाए बैठे हैं।
फतेहाबाद में फेसबुक पर रिश्तेदार बन 35 हजार हड़पे:दिल्ली का एक आरोपी गिरफ्तार; दो साथी पहले से काबू
फेसबुक पर रिश्तेदार बनकर 35 हजार रुपए की साइबर ठगी करने के मामले में टोहाना शहर थाना पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान पश्चिमी दिल्ली की न्यू महावीर कॉलोनी निवासी सुनील कुमार शर्मा के रूप में हुई है। पूछताछ के बाद पुलिस ने उसे जमानत दे दी। इस मामले में पुलिस पहले ही दो आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है और अब गिरोह के अन्य सदस्यों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। शहर थाना प्रभारी कुलदीप सिंह ने बताया कि शिकायतकर्ता संदीप सिंह, जो मूलरूप से पंजाब के संगरूर जिले के गांव भूलण का रहने वाला है और वर्तमान में टोहाना के प्रेमनगर में रहता है। उसने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने उसके रिश्तेदार के नाम और फोटो का इस्तेमाल कर फर्जी फेसबुक आईडी बनाई। आरोपी ने उसी आईडी से संपर्क कर विदेश से रुपए भेजने का झांसा दिया। अलग-अलग बहानों से करवाई राशि ट्रांसफर एसएचओ कुलदीप सिंह ने बताया कि इसके बाद एक कथित वीजा एजेंट का हवाला देते हुए अलग-अलग बहानों से संदीप सिंह से 35 हजार रुपए ट्रांसफर करवा लिए। बाद में जब उसने अपने वास्तविक रिश्तेदार से बात की तो पूरे मामले का खुलासा हुआ कि उसके साथ साइबर ठगी की गई है। इसके बाद पीड़ित ने राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज करवाई। शिकायत के आधार पर थाना शहर टोहाना में 9 नवंबर 2025 को भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 318(4) के तहत मामला दर्ज किया गया। जांच के दौरान पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और डिजिटल ट्रेल के आधार पर पश्चिमी दिल्ली निवासी सुनील कुमार शर्मा को गिरफ्तार किया।
बाड़मेर साइबर थाना पुलिस ने स्पेशल अभियान 'म्यूल हंटर' के तहत कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी साइबर अपराधियों को अपना बैंक खाता उपलब्ध करवाता था। प्रारंभिक जांच में उसके खिलाफ दिल्ली, गुजरात और महाराष्ट्र में साइबर अपराध से जुड़ी शिकायतें दर्ज होना सामने आया है। एसपी चूनाराम जाट ने बताया कि महानिदेशक पुलिस (साइबर क्राइम एवं तकनीकी सेवाएं), राजस्थान जयपुर के निर्देशानुसार जिले में विशेष अभियान चलाया जा रहा है। अभियान के तहत एएसपी नितेश आर्य के सुपरविजन में साइबर थाना पुलिस की विशेष टीम गठित की गई थी। तकनीकी जांच के आधार पर हुई गिरफ्तारी साइबर थाना पुलिस टीम ने तकनीकी विश्लेषण और सूचना के आधार पर संदिग्ध खाताधारक जसाराम (30) पुत्र राणाराम निवासी कोजाणियों की ढाणी, बाड़मेर आगोर को सोमवार शाम गिरफ्तार किया। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि आरोपी ने अपना बैंक खाता साइबर अपराधियों को उपलब्ध कराया था। उसके खाते का इस्तेमाल साइबर ठगी की रकम के लेनदेन में होने की पुष्टि के बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश किया, जहां से आगे की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस ने लोगों से की अपील जिला पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी व्यक्ति को अपना बैंक खाता, पासबुक, एटीएम कार्ड, चेकबुक या सिम कार्ड उपयोग के लिए उपलब्ध नहीं कराएं। पुलिस ने कहा कि कमीशन या अन्य लाभ के लालच में बैंक खाता या सिम कार्ड किसी को देना आपको भी कानूनी कार्रवाई के दायरे में ला सकता है। यदि किसी व्यक्ति ने अनजाने में अपना बैंक खाता या सिम कार्ड किसी अन्य को दिया है और बाद में उसके साइबर अपराध में उपयोग होने की जानकारी मिलती है, तो इसकी सूचना तुरंत पुलिस को दें।
हिसार में CM नायब सैनी के कार्यक्रम में पोस्टर से फोटो गायब होने पर कुलदीप बिश्नोई ने अपना पक्ष रखा है। राजस्थान के जोधपुर में एक कार्यक्रम में उन्होंने कहा- CM उस दिन प्रोग्राम में 3 घंटे लेट थे। मुझे जरूरी काम से दिल्ली जाना था। भाजपा नेता कुलदीप ने आगे कहा- मेरे पास समय कम था, इसीलिए वहां से जल्दी निकलना पड़ा। मुख्यमंत्री को बताकर उनसे माफी भी मांग ली थी। 12 जुलाई को गुरु जम्भेश्वर यूनिवर्सिटी (GJU) में नर्सिंग ब्लॉक और गर्ल्स हॉस्टल की नई बिल्डिंग की आधारशिला रखी गई थी। इस कार्यक्रम में सीएम नायब सैनी के साथ कुलदीप बिश्नोई की कुर्सी भी मंच पर लगाई गई थी। मंच पर लगे पोस्टर से जब कुलदीप की फोटो गायब मिली तो वे ऑडिटोरियम में बिना एंट्री किए ही वापस लौट गए थे। विधायक रणधीर पनिहार का भी सम्मान समारोह के दौरान मंच से नाम नहीं लिया गया था। पहले जानिए, कुलदीप ने क्या बयान दिया… देरी के कारण मुझे दिल्ली निकलना पड़ा कुलदीप बिश्नोई ने जोधपुर की एक गोशाला में हुए कार्यक्रम में कहा- कार्यक्रम के दिन मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी अपने निर्धारित समय से करीब 3 घंटे की देरी से चल रहे थे। वे कार्यक्रम में लेट आए। उसी दिन मेरा दिल्ली में एक जरूरी कार्यक्रम तय था। हिसार से दिल्ली का सफर तय करने में 3 घंटे का समय लगता है, इसलिए मुझे जल्द ही वहां से निकलना पड़ा। भजनलाल ने समाज को 36 बिरादरियों से जोड़ा कुलदीप बिश्नोई ने आगे कहा- अतीत में मेरे पिताजी चौधरी भजनलाल ने हरियाणा के हिसार में गुरु जम्भेश्वर यूनिवर्सिटी का निर्माण करवाया था। यहां बुजुर्ग साथी बैठे हैं, ये जानते हैं कि पिताजी की सोच स्पष्ट थी। वे चाहते थे कि गुरु जम्भेश्वर भगवान के मानवता के कल्याण के लिए चलाए गए संदेश और काम केवल हमारे समाज तक सीमित न रहें, बल्कि वे समाज की सभी 36 बिरादरियों तक पहुंचें। भावी पीढ़ी की प्रेरणा के लिए लगवाई प्रतिमा कुलदीप बिश्नोई ने कहा, हमने यह फैसला लिया कि गुरु जम्भेश्वर भगवान और माता अमृता देवी जी की प्रतिमा को यूनिवर्सिटी में स्थापित किया जाए। इसका सबसे बड़ा उद्देश्य यह है कि वहां से गुजरने वाला किसी भी जाति का नौजवान जब इस प्रतिमा को देखेगा, तो वह समझ सकेगा कि बिश्नोई समाज में ऐसे महान लोग हुए हैं। जिन्होंने पर्यावरण और प्रकृति की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दे दी थी। अब पढ़िए, क्या है पोस्टर विवाद हिसार की गुरु जम्भेश्वर यूनिवर्सिटी में रविवार को मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी का कार्यक्रम था। इस कार्यक्रम के मुख्य मंच पर लगे पोस्टर से अचानक भाजपा नेता कुलदीप बिश्नोई की तस्वीर गायब कर दी गई, जबकि पहले पोस्टर में उनकी फोटो लगी हुई थी। समर्थकों द्वारा इस बात की जानकारी दिए जाने के बाद नाराज कुलदीप बिश्नोई बिना ऑडिटोरियम में प्रवेश किए ही वहां से लौट गए थे। कार्यक्रम के दौरान उनकी कुर्सी पर उनके चचेरे भाई दुड़ाराम बैठे। विधायक रणधीर पनिहार भी दिखे नाराज कार्यक्रम के दौरान GJU के कुलपति नरसीराम बिश्नोई ने मंच पर मौजूद मंत्रियों और विधायकों का पटका पहनाकर तथा स्मृति चिह्न देकर सम्मान किया। हालांकि नलवा विधायक रणधीर सिंह पनिहार का नाम छूट गया। उन्हें न तो पटका पहनाया गया और न ही स्मृति चिह्न दिया गया। बाद में मंच से घोषणा की गई कि विधायक का सम्मान रह गया है। इसके बाद कुलपति उन्हें पटका पहनाने पहुंचे, लेकिन पनिहार ने उनके हाथ से पटका पहनने के बजाय उसे लेकर अपने पास रख दिया। इस दौरान वे नाराज नजर आए थे। रेखा शर्मा के बयान पर भी मचा था विवाद 24 अप्रैल 2025 को नगर निगम चुनाव प्रचार के दौरान राज्यसभा सांसद रेखा शर्मा ने पंचकूला में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की मौजूदगी में मंच से पूर्व मुख्यमंत्री चौधरी भजनलाल को लेकर विवादित टिप्पणी की थी। इस बयान के बाद राजनीतिक बवाल मच गया। बाद में रेखा शर्मा ने सार्वजनिक रूप से माफी मांगी, जबकि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी भी कुलदीप बिश्नोई को मनाने उनके आवास पहुंचे थे। -------------- यह खबर भी पढ़ें… कुलदीप बिश्नोई नाराज होकर CM के कार्यक्रम से लौटे:हिसार में मंच के पोस्टर से फोटो गायब मिली; करीबी विधायक का सम्मान भी छूटा हिसार में गुरु जम्भेश्वर यूनिवर्सिटी (GJU) में हुए मुख्यमंत्री नायब सैनी के कार्यक्रम को लेकर विवाद खड़ा हो गया। रविवार को कार्यक्रम के मंच पर लगाए गए पोस्टर से भाजपा नेता कुलदीप बिश्नोई की तस्वीर गायब मिली। (पूरी खबर पढ़ें)
हाथरस में हाथरस जंक्शन कोतवाली क्षेत्र में उत्तर मध्य रेलवे ट्रैक पर पुरा रेलवे स्टेशन के निकट एक युवक की ट्रेन से गिरकर मौत हो गई। उसका शव कल सोमवार को रेलवे ट्रैक पर मिला। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। कल सोमवार की देर रात मृतक की पहचान रोहन पासवान (22 वर्ष) पुत्र दयाराम के रूप में हुई। वह कानपुर कैंट, कानपुर के गोलाघाट नई बस्ती का निवासी था। रोहन दिल्ली के एक होटल में पिछले 1 साल से काम करता था। काम करता था। वह कुछ दिनों की छुट्टी पर घर आया हुआ था और कल ही अपने घर से दिल्ली के लिए रवाना हुआ था। अविवाहित था मृतक युवक इसी दौरान वह ट्रेन से गिरकर मर गया। आखिर वह किस ट्रेन में सवार था यह अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। कल दिन में उसके शव की पहचान नहीं हो पाई तो पुलिस ने उसकी शव को पोस्टमार्टम गृह भिजवा दिया। कल देर रात्रि में उसके शव की पहचान हुई और उसके परिवार के लोग यहां पोस्टमार्टम गृह पहुंचे। मृतक अविवाहित था।
पंजाब में जसवंत सिंह खालड़ा के जीवन पर बनी फिल्म सतलुज के विवाद और प्रदर्शन को लेकर राजनीतिक माहौल गर्मा गया है। केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू और पंजाबी सिंगर-एक्टर दिलजीत दोसांझ के बीच पैदा हुई इस कंट्रोवर्सी में अब 1984 दंगा पीड़ितों के केस लड़ने वाले एडवोकेट व भाजपा नेता एचएस फूलका की एंट्री हो गई है। फूलका ने एक वीडियो जारी कर कहा कि सच्चाई दिखाने से कभी कोई कंट्रोवर्सी नहीं होती और न ही माहौल खराब होता है। फिल्म हो या वीडियो, उसमें पूरी सच्चाई दिखाई जानी चाहिए, ताकि नई पीढ़ी के पास सही संदेश जाए। उन्होंने जोर देकर कहा कि काले दौर में भी हिंदू-सिख एकता कायम रही और इसे तोड़ने की कोशिशें कभी कामयाब नहीं होंगी। फूलका का कहना है कि इनोसेंट लोगों की हत्या को कोई भी सही नहीं ठहराएंगे, चाहे वो हिंदू हो या सिख। फूलका ने कहा कि उस पर भी फिल्म बनाएं जब आतंकी बस में से हिंदुओं को बाहर निकालकर मार रहे थे और एक निहंग ने बस में बैठे एक युवक को जफ्फी मारी और कहा कि इसे मारने से पहले मुझे मारें। दरअसल, सतलुज फिल्म के आटीटी प्लेटफार्म पर रिलीज होते ही विवाद शुरु हुआ और केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने फिल्म के फेक्ट्स पर सवाल खड़े किए और कहा कि इसमें एक तरफा सच दिखाया गया है। उसके बाद उन्होंने आतंकवाद के दौर के वीडियो व फोटो सोशल मीडिया पर रिलीज किए। वहीं दिलजीत ने फिल्म को पंजाब का इतिहास बताया। एचएस फूलका ने कही ये अहम बातें... फिल्म में एकतरफा दिखाया गया, फेक्ट प्रूफ करें रवनीत सिंह बिट्टू ने दिलजीत दोसांझ पर तीखा हमला बोलते हुए उन्हें 'मौकापरस्त' करार दिया, जो सिर्फ व्यावसायिक फायदे और पब्लिसिटी के लिए पंजाब के काले दौर का एकतरफा नैरेटिव बेचते हैं। उन्होंने कहा कि इस फिल्म में एक तरफा फेक्ट दिखाए गए हैं। बिट्टू ने फिल्म मेकर्स को यहां तक कह दिया कि इसे इसमें जो फेक्ट दिखाए गए हैं उन्हें प्रूफ करें। बिट्टू ने चुनौती देते हुए कहा कि अगर दिलजीत और फिल्म मेकर्स में वाकई हिम्मत है, तो वे राजपुरा के सरकारी स्कूल की प्रिंसिपल निर्मल कांता जैसी बेगुनाह पीड़ितों पर फिल्म बनाएं, जिनकी आतंकियों ने बेरहमी से हत्या कर दी थी। उन्होंने कहा कि बसों से उतारकर मासूम हिंदुओं को जिस तरह मौत के घाट उतारा गया, उस दर्द पर फिल्म क्यों नहीं बनती?
भास्कर न्यूज|लोहरदगा झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अल्पसंख्यक विभाग की प्रदेश कार्यकारिणी की महत्वपूर्ण बैठक सोमवार को रांची स्थित प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में प्रदेश अध्यक्ष मंजूर अंसारी की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में 27 जुलाई को नई दिल्ली में आयोजित होने वाले दलित एवं अल्पसंख्यक महाजुटान को सफल बनाने, संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने तथा समाज के अधिकारों और विकास से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में लोहरदगा का प्रतिनिधित्व करते हुए अल्पसंख्यक विभाग के जिला अध्यक्ष मोजम्मिल अंसारी ने सक्रिय भागीदारी निभाई। उन्होंने प्रदेश नेतृत्व को भरोसा दिलाया कि लोहरदगा जिले से बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि जिले के सभी प्रखंडों में कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर महाजुटान की तैयारियां तेज कर दी गई हैं और कांग्रेस की विचारधारा तथा सामाजिक न्याय के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने का अभियान चलाया जा रहा है। जिला अध्यक्ष मोजम्मिल अंसारी ने कहा कि 27 जुलाई का महाजुटान दलित एवं अल्पसंख्यक समाज की आवाज को राष्ट्रीय स्तर पर मजबूती से उठाने का महत्वपूर्ण अवसर होगा। उन्होंने कहा कि उनके नेतृत्व में लोहरदगा से सैकड़ों कांग्रेस कार्यकर्ता दिल्ली पहुंचकर कार्यक्रम को ऐतिहासिक और सफल बनाएंगे। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अधिक से अधिक संख्या में शामिल होने की अपील करते हुए कहा कि कांग्रेस हमेशा दलित, अल्पसंख्यक, गरीब, किसान और कमजोर वर्गों के अधिकारों की लड़ाई लड़ती रही है और आगे भी लड़ती रहेगी। बैठक में प्रदेश अध्यक्ष मंजूर अंसारी ने भी संगठन को और अधिक मजबूत बनाने, जमीनी स्तर पर कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने तथा आगामी कार्यक्रमों को सफल बनाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि संगठन की एकजुटता ही कांग्रेस की सबसे बड़ी ताकत है और सभी कार्यकर्ताओं को जनता के बीच जाकर पार्टी की नीतियों एवं जनहित के मुद्दों को प्रभावी ढंग से रखना होगा। बैठक में प्रदेश पदाधिकारियों ने भी अपने-अपने विचार रखते हुए महाजुटान को सफल बनाने का संकल्प लिया।
महोबा में दिल्ली जा रही दो डबल डेकर बसें सीज:एआरटीओ की कार्रवाई से डग्गामार बस संचालकों में हड़कंप
महोबा में सोमवार शाम सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (एआरटीओ) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दिल्ली जा रही दो डबल डेकर निजी बसों को सीज कर दिया। ये बसें बिना परमिट और नियमों के विपरीत सड़क पर दौड़ रही थीं। शासन के निर्देश पर 1 जुलाई से 15 जुलाई तक चल रहे विशेष अभियान के तहत कुलपहाड़ कोतवाली क्षेत्र में यह कार्रवाई की गई, जिससे निजी बस संचालकों में हड़कंप मच गया है। उत्तर प्रदेश में डग्गामार, बिना फिटनेस और बिना परमिट के अवैध रूप से संचालित हो रहे वाहनों के खिलाफ योगी सरकार द्वारा विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में महोबा के एआरटीओ दयाशंकर ने बेलाताल रोड पर यह कार्रवाई की। परिवहन विभाग की टीम ने बेलाताल रोड पर नियमों का उल्लंघन कर दिल्ली जा रही इन दोनों डबल डेकर बसों को रोका। जैतपुर कस्बे के पास जांच के दौरान, चालक और परिचालक यात्री परमिट दिखाने में आनाकानी करने लगे। गहनता से जांच करने पर पता चला कि दोनों बसें परमिट की शर्तों के विपरीत चलाई जा रही थीं। इन बसों में से एक मध्य प्रदेश नंबर की थी। नियमानुसार, मध्य प्रदेश नंबर की बस को या तो मध्य प्रदेश से सवारियां उठानी थीं या वहीं तक छोड़नी थीं, लेकिन यह बस उत्तर प्रदेश के भीतर ही अवैध रूप से सवारियां ढो रही थी, जो नियमों का स्पष्ट उल्लंघन है। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर विभागीय टीम ने दोनों बसों को कुलपहाड़ कोतवाली लाकर सीज कर दिया। बसों के सीज होने से उसमें सवार यात्रियों ने हंगामा शुरू कर दिया। यात्रियों की परेशानी और सुरक्षा को देखते हुए एआरटीओ ने तत्काल दूसरी बस का इंतजाम कराया। इसके बाद सभी यात्रियों को उनके गंतव्य के लिए सुरक्षित रवाना किया गया। एआरटीओ दयाशंकर ने साफ चेतावनी दी है कि स्कूली वाहनों, बिना फिटनेस और डग्गामार गाड़ियों के खिलाफ यह सख्त अभियान आगे भी जारी रहेगा।
2020 दिल्ली दंगा: IB अधिकारी अंकित शर्मा हत्याकांड में ताहिर हुसैन समेत 5 दोषी, 6 बरी
यह मामला 25 फरवरी 2020 का है, जब नागरिकता संशोधन अधिनियम (CAA) और एनआरसी को लेकर उत्तर-पूर्वी दिल्ली के कई इलाकों में हिंसा भड़क उठी थी। चांद बाग, खजूरी खास और आसपास के क्षेत्रों में आगजनी, पथराव और हिंसक झड़पों का दौर चल रहा था।
दिल्ली सरकार ने अपनी बहुप्रतीक्षित महिला समृद्धि योजना का आधिकारिक नाम बदलकर ‘दिल्ली लक्ष्मी योजना’ कर दिया है। योजना के तहत 21 से 60 वर्ष आयु वर्ग की पात्र महिलाओं को हर महीने 2500 रुपए की आर्थिक सहायता दी जाएगी। सरकार का लक्ष्य इस योजना को रक्षाबंधन के आसपास शुरू करने का है। इसके साथ ही लाभार्थियों के चयन के लिए पात्रता संबंधी नियम भी तय कर दिए गए हैं। योजना के क्रियान्वयन को लेकर सोमवार को मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली सचिवालय में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में मुख्य सचिव राजीव वर्मा समेत संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि योजना का लाभ पूरी पारदर्शिता, सरल प्रक्रिया और तय समयसीमा के भीतर पात्र महिलाओं तक पहुंचे। एक परिवार से केवल एक महिला को लाभ मिलेगा मुख्यमंत्री ने कहा कि महिलाओं का आर्थिक सशक्तीकरण सरकार की प्राथमिकता है। उनके अनुसार 'दिल्ली लक्ष्मी योजना' महिलाओं को आर्थिक सुरक्षा, आत्मनिर्भरता और सम्मानजनक जीवन का आधार प्रदान करेगी। उन्होंने अधिकारियों से यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि योजना का लाभ केवल वास्तविक पात्र लाभार्थियों तक ही पहुंचे। बैठक में तय किया गया कि योजना का लाभ केवल उन्हीं महिलाओं को मिलेगा जो स्वयं या उनका परिवार कम से कम 10 वर्षों से दिल्ली में रह रहा हो। परिवार में आयु के आधार पर सबसे बड़ी महिला ही पात्र होगी और एक परिवार से केवल एक महिला को लाभ मिलेगा। परिवार का आपराधिक रिकॉर्ड नहीं होना चाहिए इसके अलावा परिवार की वार्षिक आय 2.5 लाख रुपए से अधिक नहीं होनी चाहिए। जो महिलाएं पहले से किसी सरकारी पेंशन या नियमित आर्थिक सहायता योजना का लाभ ले रही हैं, वे इस योजना के दायरे में नहीं आएंगी। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि जिन महिलाओं या उनके परिवार के खिलाफ आपराधिक रिकॉर्ड होगा अथवा जिनके परिवार के पास 4 पहिया वाहन होगा, उन्हें योजना का लाभ नहीं मिलेगा। सरकार का अनुमान है कि इस योजना से राजधानी की लाखों महिलाओं को प्रत्यक्ष आर्थिक सहायता मिलेगी और उनके परिवारों की वित्तीय स्थिति मजबूत होगी।
दिल्ली की कड़कड़डूमा कोर्ट ने 2020 में हुए दिल्ली दंगों के दौरान IB अधिकारी अंकित शर्मा की हत्या के मामले में 6 साल बाद फैसला कर दिया है। कोर्ट ने पूर्व आम आदमी पार्टी (AAP) पार्षद ताहिर हुसैन समेत पांच आरोपियों को दोषी करार दिया है। एडीशनल सेशन जज प्रवीण सिंह की अदालत ने 11 आरोपियों के खिलाफ चल रहे मामले में सोमवार को फैसला सुनाया। कोर्ट ने नाज़िम, काशिम, अनस, जावेद और ताहिर हुसैन को हत्या, अपहरण, दुश्मनी को बढ़ावा देने और दंगा करने का दोषी ठहराया। बाकी 6 आरोपी बरी कर दिए। हिंसाग्रस्त इलाके के नाले में मिला था अंकित का शव यह मामला दयालपुर थाने में अंकित शर्मा के पिता रविंदर कुमार की शिकायत पर दर्ज किया गया था। 25 फरवरी 2020 को अंकित शर्मा ऑफिस से घर लौटने के बाद दोबारा बाहर निकले थे, लेकिन काफी देर तक वापस नहीं आए। परिवार उनकी तलाश कर रहा था, तभी लोगों ने बताया कि उनकी हत्या कर शव को चांदबाग पुलिया के पास खजूरी खास नाले में फेंक दिया गया है। अगले दिन सुबह पुलिस ने नाले से उनका शव बरामद किया था। रविंदर कुमार का आरोप था कि उनके बेटे की हत्या तत्कालीन AAP पार्षद ताहिर हुसैन और उनके साथियों ने की। शिकायत के अनुसार, आरोपी ताहिर हुसैन के ऑफिस में इकट्ठा हुए थे और हत्या के बाद अंकित के शव को नाले में फेंक दिया गया। मामले में नाम सामने आने के बाद आम आदमी पार्टी ने ताहिर हुसैन को निलंबित कर दिया था। 24 मार्च 2023 को अदालत ने ताहिर हुसैन सहित 11 आरोपियों के खिलाफ आरोप तय किए थे। CAA के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान हुआ था दंगा 23 फरवरी 2020 को नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) विरोधी और समर्थक आमने-सामने आ गए थे। इसके बाद दोनों पक्षों की ओर से पथराव होने लगे थे। 26 फरवरी तक चले दंगों में 53 लोगों की जान गई और 250 से ज्यादा जख्मी हो गए थे। मरने वालों में 38 मुसलमान और 15 हिंदू थे। करीब 800 दुकानें जला दी गईं। 500 से ज्यादा घरों को आग के हवाले कर दिया गया था। भास्कर नॉलेज… ताहिर ने पैरोल पर जेल से बाहर आकर लड़ा था 2025 का विधानसभा चुनाव फरवरी 2025 में हुए दिल्ली विधानसभा चुनाव में ताहिर हुसैन ने मुस्तफाबाद सीट से असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी AIMIM के टिकट पर चुनाव लड़ा था। इस चुनाव में भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार मोहन सिंह बिष्ट ने जीत दर्ज की थी, जबकि ताहिर हुसैन तीसरे नंबर पर रहे थे। उन्हें करीब 33 हजार वोट मिले थे। चुनाव प्रचार के लिए ताहिर कस्टडी पैरोल पर बाहर आए थे। ------------------ ये खबर भी पढ़ें… सुप्रीम कोर्ट बोला- नागरिकता का फैसला निष्पक्ष प्रक्रिया से हो: गुवाहाटी हाईकोर्ट का फैसला रद्द, दोबारा सुनवाई होगी सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को असम के 27 लोगों को विदेशी घोषित करने से जुड़े मामलों में गुवाहाटी हाईकोर्ट के फैसले रद्द कर दिए। कोर्ट ने कहा कि किसी व्यक्ति की नागरिकता या विदेशी होने का फैसला निष्पक्ष, कानूनी और उचित प्रक्रिया के तहत ही होना चाहिए। पढ़ें पूरी खबर…
21 जुलाई को प्रस्तावित महिला कांग्रेस के 'संसद चलो' आंदोलन को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी क्रम में कोटा में आयोजित बैठक में आंदोलन की रणनीति तैयार की गई और कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारियां सौंपी गईं। बैठक में दिल्ली चलो आंदोलन के लिए ज्यादा से ज्यादा महिला कार्यकर्ताओं तक मैसेज पहुंचाने, उन्हें कार्यक्रम से जोड़ने और दिल्ली चलने को लेकर चर्चा की गई। साथ ही जिला स्तर पर समन्वय समिति गठित करने और कार्यक्रम को सफल बनाने का संकल्प भी लिया गया। नेताओं ने कहा कि महिला कांग्रेस जनहित के मुद्दों को लेकर संसद तक अपनी आवाज बुलंद करेगी। सोमवार को महिला कांग्रेस की ओर से कांग्रेस कार्यालय में बैठक का आयोजन शहर जिलाध्यक्ष शालिनी गौतम की मौजूदगी में किया गया। बैठक में मुख्य रूप से 21 जुलाई से शुरू हो रहे संसद के मानसून सत्र के दौरान अखिल भारतीय महिला कांग्रेस के नेतृत्व में आयोजित संसद चलो विशाल प्रदर्शन की तैयारियों की भी समीक्षा की गई। 21 जुलाई को कोटा जिले से कांग्रेस महिला कार्यकर्ता दिल्ली करेंगी कूच शहर जिलाध्यक्ष शालिनी गौतम ने बताया कि महिला अधिकारों और जनहित के मुद्दों को लेकर 21 जुलाई को दिल्ली में एक विशाल प्रदर्शन होने जा रहा है। कोटा जिले से रिकॉर्ड संख्या में महिला कार्यकर्ता दिल्ली कूच करेंगी और केंद्र सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ आवाज बुलंद करेंगी। आगामी निकाय और विधानसभा चुनावों को लेकर भी चर्चा वहीं बैठक में आगामी निकाय चुनाव, विधानसभा चुनावों को लेकर भी चर्चा की गई। बैठक में मुख्य अतिथि और कोटा शहर प्रभारी रिक्की सिंह हंतरा ने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि किसी भी संगठन की असली ताकत उसकी जमीनी पकड़ होती है। महिला कांग्रेस को बूथ स्तर तक सक्रिय और मजबूत करने के निर्देश कोटा शहर प्रभारी ने सभी ब्लॉक अध्यक्षों और पदाधिकारियों को निर्देश दिए कि महिला कांग्रेस को बूथ स्तर तक सक्रिय और मजबूत किया जाए, ताकि हर घर तक पार्टी की नीतियां पहुंच सकें। बैठक के दौरान जिले के सभी ब्लॉक अध्यक्षों, जिला कार्यकारिणी के पदाधिकारियों और सामाजिक रूप से सक्रिय महिलाओं ने हिस्सा लिया।
दिल्ली सरकार के 70 लाख पौधारोपण अभियान के तहत सोमवार को सीएम रेखा गुप्ता ने मॉडल टाउन विधानसभा क्षेत्र में आयोजित 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान में पौधारोपण किया। 'हरित दिल्ली संकल्प' के तहत आयोजित इस अभियान में मॉडल टाउन में करीब 1,100 पौधे लगाए गए। इनमें सेंट्रल वर्ज, मेट्रो कॉरिडोर के नीचे और सड़कों के दोनों ओर हरित पट्टियां विकसित की जा रही हैं। सीएम ने कहा कि हर पौधा आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ हवा, हरियाली और बेहतर जीवन का संकल्प है। उन्होंने कहा दिल्ली सरकार राजधानी के हर उपयुक्त खाली स्थान को हरित क्षेत्र में बदलने के लिए लगातार अभियान चला रही है। उन्होंने दिल्लीवासियों से अपील की कि वे अधिक से अधिक पौधे लगाकर 70 लाख पौधारोपण के लक्ष्य को पूरा करने में भागीदारी निभाएं। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने की थी शुरुआत कार्यक्रम में क्षेत्रीय विधायक अशोक गोयल, स्थानीय आरडब्ल्यूए प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में नागरिक मौजूद रहे। सीएम ने बताया कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने 7 जुलाई को मेगा प्लांटेशन ड्राइव की शुरुआत की थी, जिसके बाद दिल्ली सरकार ने जनभागीदारी बढ़ाने के लिए विशेष ऑनलाइन पोर्टल https://greendrive.delhivanmahotsav.in भी शुरू किया है। उन्होंने कहा'एक पेड़ मां के नाम' केवल पौधारोपण अभियान नहीं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और मातृत्व के सम्मान का जनआंदोलन है। यह अभियान नागरिकों को प्रकृति से जोड़ते हुए दिल्ली को स्वच्छ, हरित और टिकाऊ भविष्य की दिशा में आगे बढ़ा रहा है। ऐसे जुड़े अभियान से…
मथुरा में रविवार रात करीब 2 बजे बाल कथा वाचक अभिनव अरोड़ा की डस्टर कार में अचानक आग लग गई। उस समय वे अपने माता-पिता और बहन के साथ वृंदावन से कार से दिल्ली जा रहे थे। कार जैसे ही यमुना एक्सप्रेसवे पर पहुंची। उसके अंदर से तेज धुआं निकलने लगा। धुंआ निकलते देख कार रोकी गई। सभी लोग उसके अंदर से तुरंत बाहर आ गए। कार धूं-धूं कर जलने लगी। उन्होंने फौरन पुलिस को सूचना दी। पुलिस फायर ब्रिगेड की टीम के साथ मौके पर पहुंची। उसके बाद आधे घंटे में आग पर काबू पाया जा सका। इस घटना में कार पूरी तरह से जल गई। घटना सुरीर थाना क्षेत्र की है। अब विस्तार से पढ़िए पूरा मामला कार से परिवार समेत दिल्ली से जा रहे थे पुलिस के अनुसार- कथा वाचक अभिनव अरोड़ा रविवार रात में अपनी डस्टर कार से वृंदावन से दिल्ली जा रहे थे। कार अभिनव अरोड़ा के पिता तरुण अरोरा चला रहे थे। रात 2 बजे के करीब कार जैसे ही यमुना एक्सप्रेसवे पर माइल स्टोन-84 के पास पहुंची। इंजन से तेज धुंआ निकलने लगा। पिता ने फौरन कार को साइड में लगाया। उसके बाद सभी लोग जल्दी से सुरक्षित बाहर निकल आए। पिता ने सुरीर थाना क्षेत्र की पुलिस को फोन करके घटना की सूचना दी। सूचना मिलने के थोड़ी देर के अंदर ही पुलिस फायर ब्रिगेड की टीम को लेकर मौके पर पहुंच गई। तब तक आग ने कार को पूरी तरह से चपेट में ले लिया था। वो धूं-धूं कर जलने लगी। आधे घंटे में बुझाई आग फायर ब्रिगेड की तीन गाड़ियों ने आग बुझाने का काम शुरू किया। आग से ऊंची-ऊंची लपटें उठ रही थी। कार को जलते देख सड़क से गुजर रहे लोग खड़े होकर वीडियो बनाने लगे। पुलिस ने लोगों को समझाकर वहां से हटाया।करीब आधे घंटे लगे तब जाकर आग पर पाया जा सका। तब तक कार पूरी तरह से जल चुकी थी। दूसरी गाड़ी से दिल्ली भेजा गया पुलिस ने फोन करके दूसरी गाड़ी बुलाई। उसमें अभिनव अरोड़ा के परिवार को बिठाया गया। उसके बाद उन्हें सुरक्षित दिल्ली के लिए रवाना कर दिया गया। शुरुआती जांच में आग लगने का कारण तकनीकी खराबी माना जा रहा है। पुलिस के अनुसार - अभिनव के परिजन ने बताया कि दो दिन के अंदर उनके परिवार के साथ दो हादसे हो चुके हैं। हालांकि दोनों घटनाओं में उन्हें कोई नुकसान नहीं पहुंचा है। पहला हादसा 11 जुलाई की रात दिल्ली से वृंदावन जाते समय हुआ। जबकि दूसरा हादसा 12 जुलाई की रात वृंदावन से दिल्ली लौटते समय हुआ। दोनों घटनाओं में गाड़ियां जली हैं। कौन हैं अभिनव अरोड़ा?अभिनव अरोड़ा लेखक तरुण राज के बेटे हैं। दिल्ली में रहते हैं और एक प्राइवेट स्कूल में 5वीं के छात्र हैं। 10 साल के अभिनव अरोड़ा भगवान कृष्ण और राम की भक्ति करते हुए अक्सर वीडियो में दिखाई देते हैं। अभिनव के इंस्टाग्राम पर लाखों की संख्या में फॉलोअर्स हैं। -------------------------ये खबर भी पढ़ें गोरखपुर में कपल से बदसलूकी, विरोध करने पर मारपीट, VIDEO:कार से देर रात घूमने निकले थे; होटल में जॉब करते हैं गोरखपुर में गुरुवार रात करीब 11:20 बजे कार से घूम रहे एक कपल से बाइक सवार युवकों ने मोबाइल लूट लिया। विरोध करने पर आरोपियों ने दोनों के साथ अभद्रता की, युवक के साथ मारपीट की और कार का शीशा भी तोड़ दिया। घटना कैंट थाना क्षेत्र के रामगढ़ताल रिंग रोड के पास की है। पढ़िए पूरी खबर
दिल्ली पुलिस ने बदरपुर थाना क्षेत्र में एक नाबालिग की हत्या के मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बताया कि संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है और जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस टीमें बाकी आरोपियों की सक्रिय रूप से तलाश कर रही हैं।
पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी खेमे को राहुल गांधी के विदेश से लौटने का इंतजार है। चन्नी खेमा पंजाब कांग्रेस में चल रही गुटबाजी को लेकर राहुल गांधी के सामने अपनी बात रखेगा। चन्नी खेमे में से चरणजीत सिंह चन्नी खुद व सुखजिंदर सिंह रंधावा राहुल गांधी से मीटिंग लेने के लिए दिल्ली के नेताओं से संपर्क साध चुके हैं। पार्टी दिल्ली बैठे एक शीर्ष नेता ने चन्नी गुट को आश्वास्त कर दिया है कि उनकी राहुल गांधी से मीटिंग जरूर करवाई जाएगी। चरणजीत सिंह चन्नी खेमा पंजाब प्रभारी भूपेश बघेल से पहले राहुल गांधी को मिलने की योजना तैयार कर दी है ताकि वो पंजाब में कांग्रेस की ग्राउंड रिएलिटी के बारे में राहुल गांधी को अवगत कराएंगे चन्नी खेमे ने स्पष्ट कर दिया कि पंजाब के मामले में अब सीधे राहुल गांधी से ही बात करेंगे। चन्नी गुट का दावा है कि उनके साथ 94 हलकों से जीते हारे कांग्रेस नेता, विधायकों व सांसदों का समर्थन है। प्रभारी बघेल की रिपोर्ट से पहले काउंटर प्लानिंग कांग्रेस आलाकमान ने पंजाब की गुटबाजी सुलझाने के लिए प्रदेश प्रभारी भूपेश बघेल को 6 दिनों के दौरे पर भेजा था, लेकिन चन्नी खेमे का मानना है कि यह दौरा पूरी तरह एकतरफा रहा। आरोप है कि बघेल सिर्फ राजा वड़िंग के करीबियों से मिलते रहे। यही वजह है कि चन्नी खेमा अब एक बड़ी रणनीति के तहत काम कर रहा है। उनकी कोशिश है कि भूपेश बघेल अपनी रिपोर्ट राहुल गांधी को सौंपें, उससे पहले ही वे खुद राहुल गांधी से मुलाकात कर लें। वे हाईकमान को बताना चाहते हैं कि जमीनी स्तर पर कार्यकर्ता और सीनियर नेता मौजूदा लीडरशिप से कितने नाराज हैं। हिस्ट्री रिपीट, अब चन्नी के पीछे सब एकजुट पंजाब कांग्रेस में गुटबाजी हमेशा से रही है। कैप्टन अमरिंदर सिंह का पंजाब कांग्रेस पर लंबे समय तक होल्ड रहा। वो तीन बार प्रधान व दो बार मुख्यमंत्री रहे। अमरिंदर सिंह के रहते हुए कांग्रेस में गुटबाजी रही लेकिन उनके सामने नेता खुलकर बोल नहीं पाते थे। 2021 में नवजोत सिंह सिद्धू ने कैप्टन के खिलाफ पार्टी में मोर्चा खोला तो पंजाब कांग्रेस के ज्यादातर लीडर उनके पीछे खड़े हो गए। कांग्रेस हाईकमान ने कैप्टन को हटा दिया लेकिन सीएम सिद्धू के बजाय चरणजीत सिंह चन्नी को बना दिया। कांग्रेस में गुटबाजी की हिस्ट्री फिर से रिपीट हो रही है। अब राजा वडिंग को हटाने के लिए चरणजीत सिंह चन्नी के पीछे पंजाब कांग्रेस के सभी बड़े नेता खड़े हो गए। अब देखना होगा कि हाईकमान चन्नी खेमे के दबाव में आकर नेतृत्व परिवर्तन करता है या चन्नी खेमे को बैरंग लौटा देगा।

