देश के चर्चित राजघरानों में शुमार सिंधिया राजपरिवार का सालों पुराना संपत्ति विवाद अब खत्म होता दिख रहा है। केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और उनकी बुआओं (वसुंधरा राजे सिंधिया, पूर्व मुख्यमंत्री राजस्थान, यशोधरा राजे सिंधिया पूर्व मंत्री मप्र और उषा राजे राणा व अन्य) के बीच अरबों रुपये की संपत्तियों के बंटवारे पर तमाम बैठकों के बाद समझौते के फॉर्मूले पर सहमति बन चुकी है। अब सिर्फ कानूनी मुहर लगना बाकी है। इसके लिए ज्योतिरादित्य सिंधिया की ओर से ग्वालियर जिला न्यायालय में आवेदन पेश कर दिया है। जिस पर सुनवाई 5 जुलाई को होगी। वहीं बुआओं की ओर से अगले सप्ताह आवेदन दाखिल होने की संभावना है। इस महा-समझौते से दिल्ली, मुंबई, पुणे और ग्वालियर की अदालतों में वर्षों से लंबित एक दर्जन से अधिक मुकदमों का पटाक्षेप हो जाएगा। महल-कोठी... समझौते के दायरे में ये प्रमुख संपत्तियां (कॉलम - 2) इन ऐतिहासिक संपत्तियों पर थीं नजरें.. 'जो जहां काबिज, वो संपत्ति उसी की' फॉर्मूले पर बनी बात पर्दे के पीछे से छनकर आ रही खबरों के अनुसार, इस समझौते का मूल मंत्र बेहद व्यावहारिक रखा गया है। सूत्रों के अनुसार 'जो जिस जगह पर काबिज है, वो संपत्ति उसी के पास रहेगी।' यानी वर्तमान कब्जे को ही अंतिम मालिकाना हक मान लिया जाएगा। भले ही कागजों में उसका पूर्व मालिकाना हक किसी भी पक्ष या ट्रस्ट के पास रहा हो। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है। सिर्फ महल नहीं... ट्रस्ट और कंपनियों में बंटी है विरासत ग्वालियर-चंबल की अधिकांश संपत्तियां 1970 के दशक से 'सर जयाजीराव ट्रस्ट' और 'कृष्ण माधव ट्रस्ट' जैसी संस्थाओं के अधीन हैं। दिल्ली की 'सिंधिया पॉटरीज' की जमीन पर बनी 3 आलीशान कोठियों में तीनों बुआएं (वसुंधरा, यशोधरा और उषा राजे) रहती हैं। पूर्व के बंटवारे में माधवराव सिंधिया को मिली 'सिंधिया इन्वेस्टमेंट प्राइवेट लिमिटेड (SIPL)' की कमान वर्तमान में ज्योतिरादित्य सिंधिया के पास है। इनके बीच होना है समझौता: ज्योतिरादित्य सिंधिया, वसुंधराराजे सिंधिया, यशोधरा राजे, उषा राजे राणा, बालकृष्णराव सिंधिया, कनिष्कादेवी, प्रतिमादेवी, चित्रांगदा राजे। पन्ने का दिव्य शिवलिंग राजमाता की धरोहर आएगी अब ज्योतिरादित्य के हिस्से! इस पूरे संपत्ति बंटवारे में सबसे भावुक और आध्यात्मिक पहलू पन्ने (रत्न) का 'शिवलिंग' है। यह वही दिव्य शिवलिंग है जिसे राजमाता विजयाराजे सिंधिया ने आजीवन अपने पास रखा। चर्चा है कि यह बेशकीमती शिवलिंग वर्तमान में राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे सिंधिया के पास सुरक्षित है। इस बात की अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन सूत्रों का दावा है कि नए समझौते के तहत यह ऐतिहासिक और पवित्र शिवलिंग अब केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के हिस्से में आने जा रहा है।
सियासी हलचल तेज:अमित शाह दिल्ली बुलाकर मंत्रियों से ले रहे फीडबैक, परफॉर्मेंस भी पूछ रहे
प्रदेश की सियासत में भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व ने हलचल बढ़ा दी है। एक-एक कर राजस्थान के मंत्रियों को दिल्ली बुलाए जाने से अटकलें तेज हो गई हैं। बताया जा रहा है कि प्रदेश में मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर बातचीत चल रही है। ऐसे में मंत्रियों को अपनी परफॉर्मेंस भी बतानी है और उनके खिलाफ यदि शिकायतें हैं, तो उसकी वजह भी बतानी है। हालांकि यह भी कहा जा रहा है कि मंत्रियों को दिल्ली बुलाकर राजस्थान में कामकाज को लेकर फीडबैक लिया जा रहा है। पिछले दो-तीन दिनों में कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ीलाल मीणा, शिक्षा मंत्री मदन दिलावर, चिकित्सा मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर जैसे मंत्रियों को दिल्ली बुलाया गया है। बीते करीब एक साल से इस बात को लेकर बीच-बीच में चर्चा उठती रही है कि मंत्रिमंडल विस्तार जल्द होने जा रहा है। हालांकि अभी केंद्रीय मंत्रिमंडल के विस्तार को लेकर चर्चा जरूर है, लेकिन भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व प्रदेश के नेताओं, मंत्रियों को इसी तरह बुलाकर अपने फीडबैक मैकेनिज्म को मजबूत करता रहा है। सियासी सूत्र बता रहे हैं कि दिल्ली की इसके पीछे की कहानी कुछ इसी तरह की है। हालांकि स्थानीय आलोचक यह जरूर चर्चा छेड़ रहे हैं कि जिन-जिन मंत्रियों की शिकायतें ज्यादा हैं, पहले दौर में उन्हें ही बुलाया जा रहा है। चर्चाओं पर विराम की कोशिश कृषि मंत्री मीणा व शिक्षा मंत्री दिलावर ने हालांकि अपने अपने कार्यक्रम जारी कर अधिकृत रूप से भी दिल्ली दौरे की जानकारी दी है, वे अपने-अपने मंत्रालयों के अधिकृत कार्यक्रमों में भी शामिल हुए हैं। दिलावर ने एक दिवसीय राष्ट्रीय कार्यशाला में शामिल होने का जिक्र किया है। वहीं, किरोड़ी ने शिवराज सिंह चौहान की उपस्थिति वाले विकसित भारत ग्राम योजना कार्यक्रम का जिक्र किया। चिकित्सा मंत्री खींवसर भी दो दिन पहले अमित शाह से मिले। अब शुक्रवार को किरोड़ीलाल मीणा शाह से मिले। परफॉर्मेंस के साथ फीडबैक लिया गया। केंद्रीय मंत्रिमंडल में विस्तार को लेकर भी चर्चा असल में पिछले कुछ दिनों से केंद्रीय मंत्रिमंडल में विस्तार को लेकर चर्चा तेज है। बताया जा रहा है कि राज्य के चार में एक मंत्री को ड्रॉप कर एक नए की एंट्री संभव है। इनमें सबसे ज्यादा नाम पिछले दिनों राज्यसभा सदस्य बने डॉ. सतीश पूनियां को लेकर चल रहा है। पार्टी के केंद्रीय सूत्रों के अनुसार उन्हें किसी मंत्रालय में राज्यमंत्री बनाया जा सकता है। यही कारण है कि मौजूदा एकमात्र राज्य मंत्री के रूप में जिम्मेदारी संभाल रहे भागीरथ चौधरी से रिप्लेस किए जाने की सबसे ज्यादा चर्चा है।
दिल्ली बिजली कंपनियों के सीएजी ऑडिट पर सुप्रीम कोर्ट की रोक, 15 जुलाई तक यथास्थिति बनाए रखने का आदेश
सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को दिल्ली की निजी बिजली वितरण कंपनियों (डिस्कॉम) के ऑडिट को लेकर चल रहे विवाद में यथास्थिति बनाए रखने का आदेश दिया
दिल्ली सरकार ने इलेक्ट्रिक वाहन (EV) खरीदने वालों के लिए एक नई व्यवस्था की घोषणा की है, जिससे उपभोक्ताओं को तेजी से सब्सिडी और रिफंड मिल सकेगा। परिवहन मंत्री पंकज कुमार सिंह ने बताया कि सरकार ने EV नीति के तहत सभी प्रक्रियाओं को सरल और समयबद्ध बनाया ...
नई दिल्ली। इंद्रप्रस्थ सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईआईटी-दिल्ली) ने सरकारी स्कूलों के विद्यार्थियों के लिए आयोजित समर कैंप-2026 में सीखने का अलग मॉडल पेश किया। कक्षा 6 से 8वीं तक के छात्रों के लिए आयोजित इस कैंप में पारंपरिक पढ़ाई की जगह व्यावहारिक अनुभव और गतिविधि आधारित शिक्षण पर जोर दिया गया। पूरे कार्यक्रम के दौरान बच्चों के आत्मविश्वास, संवाद कौशल और तार्किक सोच यानी थ्री-सीएस को विकसित करने के लिए विशेष सत्र आयोजित किए गए। कैंप में छात्रों ने पैटर्न रिकॉग्निशन और कम्प्यूटेशनल थिंकिंग के जरिए कंप्यूटर की शुरुआती अवधारणाओं को समझा, जबकि प्रोडक्ट डेवलपमेंट गतिविधियों में नए विचारों को आकार देना सीखा। पब्लिक स्पीकिंग, ड्रामा, कला और लाइफ स्किल्स की कार्यशालाओं ने बच्चों को अपनी बात प्रभावी ढंग से रखने का अवसर दिया। वहीं हर सप्ताह आयोजित मिस्ट्री लैब में विज्ञान के रोचक प्रयोगों ने विद्यार्थियों की जिज्ञासा को नई दिशा दी। विद्यार्थियों को चुनौती के लिए तैयार किया संस्थान का मानना है कि ऐसे कार्यक्रम सरकारी स्कूलों के विद्यार्थियों में विज्ञान और तकनीक के प्रति रुचि बढ़ाने के साथ उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए भी तैयार करते हैं। कैंप ने बच्चों को नई दोस्ती, रचनात्मक सोच और समस्या समाधान की व्यावहारिक समझ भी दी। समर कैंप मैनेजमेंट टीम, आईआईआईटी-दिल्ली ने कहा, हमारा उद्देश्य बच्चों को केवल पढ़ाना नहीं, बल्कि उनकी जिज्ञासा, रचनात्मकता और आत्मविश्वास को नई पहचान देना था। सही अवसर मिलने पर सरकारी स्कूलों के विद्यार्थी भी अपनी प्रतिभा से शानदार प्रदर्शन कर सकते हैं।
नई दिल्ली। दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) के कुलपति प्रोफेसर योगेश सिंह लगातार दूसरे कार्यकाल के लिए नियुक्त किए गए हैं। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने विश्वविद्यालय की विजिटर के रूप में उनके नाम को मंजूरी दे दी है। शिक्षा मंत्रालय के उच्च शिक्षा विभाग की ओर से जारी आदेश के मुताबिक प्रोफेसर योगेश सिंह का नया पांच वर्षीय कार्यकाल 8 अक्टूबर 2026 से शुरू होगा। नियुक्ति के साथ ही यह स्पष्ट किया गया है कि उनके कार्यकाल की सभी सेवा शर्तें दिल्ली विश्वविद्यालय अधिनियम, विधियों और अध्यादेशों के अनुरूप पहले की तरह लागू रहेंगी। राष्ट्रपति सचिवालय की स्वीकृति के बाद जारी हुआ आदेश शिक्षा मंत्रालय की उप सचिव श्रेया भारद्वाज द्वारा विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार को भेजे गए आधिकारिक पत्र में बताया गया है कि राष्ट्रपति सचिवालय की स्वीकृति के बाद यह आदेश जारी किया गया है। आदेश की प्रतियां विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) भारतीय विश्वविद्यालय संघ (एआईयू) और राष्ट्रपति सचिवालय को भी भेजी गई हैं। विश्वविद्यालय प्रशासन में इसे निरंतरता और स्थिर नेतृत्व के तौर पर देखा जा रहा है। लगातार दूसरा कार्यकाल मिलने से यह संकेत भी मिला है कि विश्वविद्यालय के प्रशासन और शैक्षणिक प्रबंधन में प्रो योगेश सिंह के कार्यों पर केंद्र सरकार ने भरोसा बरकरार रखा है।
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 'Delhi Next – Code, Create Change' प्रोग्राम में देशभर से आए युवा प्रतिभागियों की प्रतिभा, रचनात्मकता और नवाचार की जमकर सराहना की है। उन्होंने कहा कि भारत के युवाओं में देश की चुनौतियों को अवसर में बदलने की अद्भुत क्षमता है। उन्होंने कहा कि यह पहल केवल एक प्रतियोगिता नहीं, बल्कि विकसित और आधुनिक दिल्ली के निर्माण की दिशा में युवाओं को सीधे शासन व्यवस्था से जोड़ने का एक प्रभावी माध्यम बन गई है। इस कार्यक्रम को देश का सबसे बड़ा सिविक-टेक इनोवेशन प्रोग्राम माना जा रहा है, जिसने 1 करोड़ से अधिक युवाओं तक अपनी पहुंच बनाई। कार्यक्रम के दौरान मिली बड़ी संख्या में प्रविष्टियों में से 60 चुनिंदा टीमों ने दिल्ली की बड़ी समस्याओं पर अपने बेहतरीन समाधान पेश किए। इन टीमों ने तकनीक पर आधारित ऐसे व्यावहारिक मॉडल तैयार किए हैं जो ट्रैफिक जाम, जलभराव, प्रदूषण, डिजिटल सेवाओं की पहुंच, नागरिक सुविधाओं में सुधार और शहरी प्रबंधन जैसी गंभीर चुनौतियों से निपटने में सक्षम हैं। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने युवाओं का हौसला बढ़ाते हुए कहा कि देश के युवा ही अब दिल्ली का भविष्य लिखेंगे। इन युवाओं ने न सिर्फ देश की राजधानी की समस्याओं को गहराई से पहचाना है, बल्कि ऐसे समाधान भी दिए हैं जिन्हें जमीनी स्तर पर आसानी से लागू किया जा सकता है। उन्होंने घोषणा की कि दिल्ली सरकार इन चुनिंदा इनोवेशन्स को संबंधित विभागों के सहयोग से पहले पायलट प्रोजेक्ट के रूप में लागू करेगी, ताकि इनके वास्तविक असर का आकलन किया जा सके। इन आइडियाज के सफल होने पर इन्हें बड़े पैमाने पर अपनाया जाएगा। सीएम ने आगे कहा कि आज की युवा पीढ़ी केवल नौकरी तलाशने वाली नहीं, बल्कि समस्याओं का ठोस समाधान खोजने वाली पीढ़ी है। दिल्ली सरकार ऐसे इनोवेशन्स को प्रोत्साहित करने के लिए लगातार नए मंच उपलब्ध कराती रहेगी ताकि युवाओं की ऊर्जा और तकनीकी क्षमता का इस्तेमाल जनहित में किया जा सके। प्रोग्राम के समापन पर रेखा गुप्ता ने सभी युवा इनोवेटर्स का आभार जताते हुए कहा कि 'दिल्ली नेक्स्ट' ने यह साबित कर दिया है कि सही मंच मिलने पर युवा शहरों की तस्वीर बदल सकते हैं। इसके साथ ही उन्होंने सभी नागरिकों से विकसित दिल्ली के निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने और इनोवेशन को एक जनआंदोलन बनाने की अपील की।
'भावनाएं आहत करने वाला कंटेंट नहीं चलेगा', ध्रुव राठी के वीडियो पर दिल्ली HC का सख्त आदेश
मामले की सुनवाई करते हुए जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा ने GAC को निर्देश दिया कि वह वकील अमिता सचदेवा द्वारा दायर अपील पर तय समयसीमा के भीतर निर्णय ले। यह अपील ध्रुव राठी के यूट्यूब वीडियो को हटाने की मांग से जुड़ी हुई है।
गुरदासपुर से कांग्रेस सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा हाल ही में दिल्ली पहुंचे, जहां उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की। इस मुलाकात के दौरान उनकी भाजपा के राज्यसभा सांसद तरुण चुघ के साथ मौजूदगी ने राजनीतिक अटकलों को और हवा दे दी।
दुर्ग पुलिस ने बीमा पॉलिसी का रिफंड दिलाने के नाम पर करीब 1 करोड़ 60 लाख रुपए की साइबर ठगी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस मामले में दिल्ली से तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। जांच में सामने आया कि आरोपियों ने खुद को बीमा लोकपाल का अधिकारी बताकर पीड़ित को झांसे में लिया और अलग-अलग बैंक खातों में पैसे जमा करवाए। जांच में यह भी पता चला कि आरोपी अपने बैंक खाते साइबर ठगों को इस्तेमाल के लिए देते थे। इन्हीं खातों के जरिए ठगी की रकम का लेन-देन किया जाता था। पुलिस के अनुसार इन खातों का इस्तेमाल एक नाइजीरियन साइबर नेटवर्क कर रहा था, जो इस पूरे गिरोह को ऑपरेट कर रहा था। पुलिस को आरोपियों के बैंक खातों में करोड़ों रुपए के संदिग्ध लेन-देन के सबूत भी मिले हैं। खुद को बीमा लोकपाल बताकर की ठगी दुर्ग रेंज साइबर थाना में इस मामले की जांच चल रही थी। पुलिस के अनुसार आरोपियों ने खुद को बीमा लोकपाल का अधिकारी बताकर पीड़ित से संपर्क किया। उन्होंने पीड़ित को भरोसा दिलाया कि उसकी बीमा पॉलिसी का पैसा वापस (रिफंड) कराया जाएगा। इसके लिए अलग-अलग बैंक खातों में पैसे जमा करने को कहा गया। झांसे में आकर पीड़ित ने कई बार ऑनलाइन पैसे ट्रांसफर किए। इस तरह करीब 1 करोड़ 60 लाख रुपए की ठगी हो गई। मामले की जांच के दौरान पुलिस ने तकनीकी जानकारी और बैंक खातों की डिटेल खंगाली। इसके आधार पर एक बैंक खाताधारक को पहले गिरफ्तार किया गया। उससे पूछताछ के बाद पुलिस को कई अहम सुराग मिले। इन्हीं सुरागों के आधार पर रेंज साइबर थाना की विशेष टीम दिल्ली पहुंची। नाइजीरियन गिरोह कर रहा था खातों का इस्तेमाल पुलिस ने दिल्ली में मनमीत सिंह, ईशांत माहे उर्फ ईशु और अमनदीप सिंह को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने पैसों के लालच में अपने नाम से बैंक खाते खुलवाए और उन्हें साइबर ठगी में इस्तेमाल करने के लिए उपलब्ध कराया। जांच में यह भी सामने आया कि इन खातों का इस्तेमाल एक विदेशी, यानी नाइजीरियन साइबर गिरोह कर रहा था। दिल्ली से गिरफ्तार कर दुर्ग लाए गए आरोपी तीनों आरोपियों को 1 जुलाई को दिल्ली से गिरफ्तार किया गया। इसके बाद तीस हजारी कोर्ट से ट्रांजिट रिमांड लेकर उन्हें दुर्ग लाया गया। फिलहाल पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस गिरोह से और कौन-कौन लोग जुड़े हुए हैं। जांच के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से तीन मोबाइल फोन, छह बैंक पासबुक, चार चेकबुक और कई सिम कार्ड जब्त किए हैं। शुरुआती जांच में इनके बैंक खातों में करोड़ों रुपए के संदिग्ध लेन-देन मिले हैं। साथ ही अलग-अलग राज्यों में इनके खिलाफ साइबर ठगी से जुड़ी शिकायतें दर्ज होने की जानकारी भी मिली है। नेटवर्क खंगाल रही है पुलिस एएसपी सिटी सुखनंदन राठौर ने बताया कि आरोपी लोगों को बीमा पॉलिसी का रिफंड दिलाने का लालच देकर अपने जाल में फंसाते थे। इसके बाद अलग-अलग कारण बताकर उनसे कई किस्तों में पैसे जमा कराए जाते थे। जब पीड़ित को ठगी का अहसास होता, तब तक रकम कई खातों के जरिए आगे भेजी जा चुकी होती थी। दुर्ग पुलिस लोगों से अपील करती है कि बीमा पॉलिसी रिफंड, केवाईसी अपडेट, निवेश या किसी भी तरह के ऑनलाइन भुगतान से जुड़े कॉल, मैसेज या ईमेल पर बिना जांच किए भरोसा न करें। किसी अनजान व्यक्ति के कहने पर किसी भी बैंक खाते में पैसे ट्रांसफर न करें। अगर किसी के साथ साइबर ठगी होती है तो वह तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं। साथ ही अपने नजदीकी साइबर थाना से भी संपर्क करें।
दौसा सांसद मुरारीलाल मीणा ने दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर हाे रहे लगातार भीषण सड़क हादसों को लेकर केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी को पत्र लिखकर उच्च स्तरीय जांच समिति गठित करने की मांग की है। सांसद ने कहा- एक्सप्रेसवे पर लगातार हो रहे हादसों में हर माह कई लोगों की जान जा रही है। जिससे सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। नितिन गडकरी को पत्र लिखा सांसद ने अपने पत्र में 1 जुलाई को दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के NE-4 एवं NE-4C जंक्शन पर हुई भीषण बस-ट्रक दुर्घटना का जिक्र करते हुए बताया- हादसे में 8 यात्रियों की जिंदा जलकर मौत हो गई, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हुए। उन्होंने जिला अस्पताल पहुंचकर घायलों से मुलाकात करने और दुर्घटना स्थल का निरीक्षण करने का भी उल्लेख किया। एक्सप्रेस-वे पर कमियों में सुधार की मांग पत्र में सांसद ने एक्सप्रेस-वे की सुरक्षा व्यवस्था में कई कमियां गिनाते हुए कहा- इंटरचेंज और एग्जिट पर पर्याप्त एवं स्पष्ट दिशा-सूचक बोर्ड नहीं हैं, कई पुलों और फ्लाईओवरों पर सड़क की सतह असमान है, जगह-जगह गड्ढे एवं लहरदार सड़क दुर्घटनाओं का कारण बन रहे हैं। सांसद ने बताया- इसके अलावा राष्ट्रीय राजमार्ग हेल्पलाइन 1033 की रात्रिकालीन प्रतिक्रिया, क्षतिग्रस्त किलोमीटर संकेतक, अग्निशमन सुविधाओं की कमी तथा स्पीड मैनेजमेंट सिस्टम की आवश्यकता पर भी ध्यान आकर्षित किया है। उच्च स्तरीय जांच समिति गठित करने की मांग सांसद ने मांग की है कि राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI), सड़क सुरक्षा विशेषज्ञों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों को शामिल करते हुए एक उच्च स्तरीय जांच समिति गठित की जाए, ताकि दुर्घटनाओं के वास्तविक कारणों का तकनीकी अध्ययन कर स्थायी समाधान लागू किए जा सकें। साथ ही एक्सप्रेसवे पर एसी स्लीपर बसों के सुरक्षा मानकों की विशेष जांच कर उनका कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराई जाए।
नूंह जिले से गुजर रहे दिल्ली-अलवर नेशनल हाईवे-248ए पर शुक्रवार सुबह एक सड़क हादसा होते-होते टल गया। पाटखोरी गांव के पास एक ट्रेलर ने सड़क पर बने गड्ढे से बचने के प्रयास में राजस्थान रोडवेज की बस को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद बस बेकाबू होकर सड़क किनारे एक पेड़ से जा टकराई। इस घटना में कोई यात्री हताहत नहीं हुआ, लेकिन कुछ को मामूली चोटें आईं। जानकारी के अनुसार, हादसा शुक्रवार सुबह करीब सात बजे हुआ। राजस्थान रोडवेज की एक बस अलवर से दिल्ली जा रही थी। पाटखोरी गांव के बस स्टैंड के पास सामने से आ रहे तेज रफ्तार ट्रेलर ड्राइवर ने सड़क पर बने गहरे गड्ढे से बचने के लिए अपनी साइड दबाई, जिससे वह बस से टकरा गया। बस ड्राइवर ने सूझबूझ दिखाते हुए यात्रियों की जान बचाने के लिए बस को सड़क से नीचे उतार दिया, जिससे बस अनियंत्रित होकर पेड़ से टकरा गई। ट्रेलर मौके पर छोड़कर ड्राइवर हुआ फरार हादसे के बाद ट्रेलर ड्राइवर मौके पर अपना वाहन छोड़कर फरार हो गया। सूचना मिलते ही सोलपुर, ढाढोली और पाटखोरी गांव के ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंचे। ग्रामीणों ने बस में सवार यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने में मदद की और घायलों को प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया। इस घटना के कारण कुछ समय के लिए हाईवे पर यातायात भी प्रभावित रहा। सूचना मिलने पर थाना सदर फिरोजपुर झिरका पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। थाना प्रभारी सुभाष ने बताया कि ट्रेलर को कब्जे में ले लिया गया है और जांच शुरू कर दी गई है। फरार ड्राइवर की पहचान कर उसकी तलाश की जा रही है। पुलिस हादसे के कारणों की गहनता से जांच कर रही है। स्थानीय लोग बोले- गड्ढों की वजह से हो रहे हादसे स्थानीय लोगों ने हाईवे पर बने गहरे गड्ढों को दुर्घटनाओं की मुख्य वजह बताया है। उन्होंने प्रशासन से इन गड्ढों की जल्द से जल्द मरम्मत कराने की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।
एटा में हुए भीषण सड़क हादसे में 5 लोगों की मौत हो गई। इनमें से तीन मृतक फर्रुखाबाद के नवाबगंज थाना क्षेत्र के निवासी थे, जो अपने परिवार का भरण-पोषण करने के लिए दिल्ली जा रहे थे। पोस्टमार्टम के बाद जब उनके शव पैतृक गांव पहुंचने पर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। मृतकों की पहचान नवाबगंज थाना क्षेत्र के राजेश, सुखराम और शैलेश के रूप में हुई है। तीनों दिल्ली में रहकर नौकरी करते थे। बस खराब होने के बाद हुआ हादसा गुरुवार शाम नवाबगंज से दिल्ली जा रही रोडवेज बस एटा के बागवाला थाना क्षेत्र में खराब हो गई। चालक ने बस को सड़क किनारे खड़ा कर दिया। गर्मी के कारण कुछ यात्री बस से उतरकर सड़क किनारे टहलने लगे, जबकि कुछ बस के भीतर ही बैठे रहे। इसी दौरान पीछे से तेज रफ्तार कंटेनर ने बस में जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में राजेश, सुखराम और शैलेश समेत पांच लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। एक दिन पहले ही गांव आया था शैलेश परिजनों के अनुसार, शैलेश चार भाइयों में तीसरे नंबर का था। करीब पांच साल पहले उसकी शादी चांदनी से हुई थी और उसकी एक बेटी है। वह पिछले दस वर्षों से दिल्ली में निजी नौकरी कर परिवार का भरण-पोषण कर रहा था। बुधवार को वह दिल्ली से गांव आया था और गुरुवार रात फिर से रोडवेज बस से दिल्ली लौट रहा था। रास्ते में हुए हादसे ने परिवार की खुशियां छीन लीं। शैलेश के एक भाई की पहले ही मौत हो चुकी है। उसकी मौत के बाद मां गमला देवी सहित पूरे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार के साथ गांव आया था राजेश गांव दौलतपुर निवासी राजेश अपनी पत्नी पूनम, बेटियों आंचल और प्रज्ञा तथा बेटे हर्ष के साथ मंगलवार को दिल्ली से गांव आया था। वह दिल्ली में रेहड़ी लगाकर परिवार का पालन-पोषण करता था। गुरुवार को वह अपने छोटे भाई अवधेश के साथ वापस दिल्ली जा रहा था। हादसे के समय अवधेश बस के पीछे खड़ा था, जबकि राजेश बस के आगे खड़ा था और कंटेनर की चपेट में आ गया। करीब दस साल पहले राजेश की शादी हुई थी। प्रत्यक्षदर्शी ने बताई हादसे की पूरी कहानी मृतक राजेश के भाई और प्रत्यक्षदर्शी अवधेश ने बताया कि बस खराब होने के बाद चालक ने उसे सड़क किनारे खड़ा कर दिया था, लेकिन बस के इंडिकेटर नहीं जल रहे थे। तभी पीछे से तेज रफ्तार कंटेनर आया और बस में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर के बाद बस दो-तीन फीट आगे खिसककर तिरछी हो गई। उसी दौरान सामने से भी एक वाहन आ गया, जिससे स्थिति और भयावह हो गई। अवधेश ने बताया कि बस में करीब 40 यात्री सवार थे। बस खराब होने के बाद कुछ यात्री नीचे उतर आए थे, जबकि कई लोग बस के अंदर बैठे थे। उन्होंने कहा, गुरुवार शाम करीब सात बजे मैं अपने भाई राजेश के साथ दिल्ली के लिए निकला था। क्या पता था कि दिल्ली पहुंचने से पहले ही यह हादसा हो जाएगा और मेरा भाई हमेशा के लिए हमसे बिछड़ जाएगा। हादसे के बाद मृतकों के गांवों में शोक की लहर है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। साइड से खड़ी कर ली थी बसप्रत्यक्षदर्शी अवधेश ने बताया बस खराब होने के बाद उसकी साइड से चालक ने खड़ा कर लिया था। इंटीकेटर भी नहीं जल रहे थे। बताया पीछे से एक गाड़ी आई उसने टक्कर मारी बस 2 से 3 फीट आगे बड़ी और तिरछी होकर खड़ी हो गई। इस दौरान सामने से भी गाड़ी आई। उससे बड़ी दुर्घटना हो गई। बताया बस में करीब 40 यात्री सवार थे खराब होने के बाद कुछ यात्री नीचे उतर आए थे तो कुछ बस में ही बैठे थे। बताया गुरुवार की शाम को सात बजे भाई राजेश के साथ दिल्ली जाने के लिए निकला था। उसे क्या पता था कि दिल्ली पहुंचने से पहले ही हादसा हो जाएगा और भाई राजेश हम लोगों से दूर चला जाएगा।
यूपी-दिल्ली समेत 15 राज्यों में झमाझम बारिश का अलर्ट, तेज आंधी और वज्रपात की चेतावनी
IMD ने यूपी, दिल्ली, बिहार समेत 15 राज्यों में भारी बारिश, तेज आंधी और वज्रपात का अलर्ट जारी किया है। जानिए किन राज्यों में कब और कितना असर दिखाएगा मॉनसून।
दिल्ली-एनसीआर के लोग जिस पल का हफ्तों से बेसब्री से इंतजार कर रहे थे, वो आखिरकार आ ही गया. हफ्तों की भीषण गर्मी, उमस और जानलेवा लू (Heatwave) के टॉर्चर को खत्म करते हुए दक्षिण-पश्चिम मानसून (South-West Monsoon) ने दिल्ली में धमाकेदार एंट्री कर ली है. हालांकि, इस बार बदरा अपने तय समय से 5 दिन की देरी से पहुंचे हैं. मानसून की दस्तक के साथ ही राजधानी के कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश हुई और पूरे दिन आसमान में घने काले बादल छाए रहे. इसके चलते दिल्ली के तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है, जिसने लोगों को चिपचिपी उमस से बड़ी राहत दी है. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने मौसम की अनुकूल परिस्थितियां बनने के बाद दिल्ली में मानसून के आगमन की आधिकारिक घोषणा कर दी है.आज के लिए 'येलो अलर्ट' जारी, 32 डिग्री तक गिरेगा पारामौसम विभाग ने शुक्रवार के लिए दिल्ली-एनसीआर में 'येलो अलर्ट' (Yellow Alert) जारी किया है. आज राजधानी के आसमान में आमतौर पर घने बादल छाए रहेंगे और कई दौर की मध्यम बारिश होने का अनुमान है. इस मानसूनी बौछार के चलते आज दिल्ली का न्यूनतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की उम्मीद है, जिससे मौसम बेहद सुहाना बना रहेगा.5 जुलाई से शुरू होगा मूसलाधार बारिश का अगला राउंड, समझें ट्रफ का गणितप्रसिद्ध मौसम वैज्ञानिक महेश पलावत (स्काईमेट वेदर) के अनुसार, मौसम प्रणाली (Weather System) में आए बदलाव के कारण दिल्ली में बारिश की गतिविधियां एक बार फिर तेजी से बढ़ने वाली हैं. पलावत ने बताया, मानसून की मुख्य मौसमी ट्रफ लाइन इस समय पंजाब से लेकर बंगाल की खाड़ी तक फैली हुई है. अगले 24 से 48 घंटों में यह ट्रफ थोड़ी दक्षिण की ओर यानी मध्य भारत की तरफ खिसकेगी, जिससे मध्य प्रदेश और आसपास के राज्यों में भारी बारिश होगी. इस दौरान दिल्ली, पंजाब और हरियाणा के मैदानी इलाकों में बारिश थोड़ी कम हो सकती है।लेकिन दिल्ली वालों के लिए असली ट्विस्ट 5 जुलाई से आएगा. मौसम विशेषज्ञों का अनुमान है कि 5 जुलाई तक यह ट्रफ लाइन फिर से उत्तर की ओर (Northward Shift) बढ़ेगी, जिसके कारण दिल्ली और उत्तर-पश्चिम भारत के अन्य हिस्सों में मूसलाधार मानसून जैसी बारिश का एक और बेहद तगड़ा दौर देखने को मिलेगा.2021 के बाद पहली बार जुलाई में शुरुआत, देखें पिछले सालों का रिकॉर्डमौसम विभाग के आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, साल 2021 के बाद यह पहली बार है जब मानसून जून का महीना बीत जाने के बाद यानी जुलाई में दिल्ली पहुंचा है. इससे पहले साल 2021 में मानसून काफी लतीफ साबित हुआ था और 13 जुलाई को दिल्ली पहुंचा था. आइए एक नजर डालते हैं पिछले कुछ सालों में दिल्ली में मानसून के आगमन की तारीखों पर:2025: 29 जून2024: 28 जून2023: 25 जून2022: 30 जून2020: 25 जूनदिल्ली के पिछले 125 सालों के मौसम इतिहास को खंगालें तो यहाँ मानसून का सबसे जल्दी आगमन 15 जून 2008 को दर्ज किया गया था, जबकि सबसे देरी से मानसून 26 जुलाई 1987 को दिल्ली पहुंचा था.सफदरजंग से लेकर पालम तक टूटा रिकॉर्ड, 5 साल में सबसे ठंडी सुबहमानसून की पहली फुहारों ने दिल्ली के तापमान को पूरी तरह से रीसेट कर दिया है. दिल्ली के मुख्य मौसम केंद्र सफदरजंग (Safdarjung) में अधिकतम तापमान सामान्य से 4.4 डिग्री कम यानी 33 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया. वहीं, न्यूनतम तापमान सामान्य से 5.1 डिग्री लुढ़ककर 22.8 डिग्री सेल्सियस पर आ गया. यह 21 जुलाई 2021 के बाद से अब तक का सबसे कम न्यूनतम तापमान है.दिल्ली के अन्य इलाकों का हाल भी कुछ ऐसा ही रहा:पालम: अधिकतम 33C | न्यूनतम 21.2Cलोदी रोड: अधिकतम 33C | न्यूनतम 23.6Cरिज स्टेशन: अधिकतम 33.8C | न्यूनतम 21Cअयानगर: अधिकतम 32.4C | न्यूनतम 22.6Cबदरा क्यों लेट हुए? प्री-मानसून की भीषण गर्मी ने बिगाड़ा खेलइस साल मानसून के लेट होने की असली वजह बताते हुए एक्सपर्ट्स ने कहा कि बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी युक्त पूर्वी हवाएं (Easterly Winds), जो मानसून की लगातार बारिश के लिए ईंधन का काम करती हैं, वे समय पर दिल्ली और उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में नहीं पहुंच पाई थीं. इसके चलते प्री-मानसून का सीजन इस बार सामान्य से कई गुना ज्यादा गर्म और सूखा रहा.आईएमडी के डेटा के मुताबिक, इस साल मार्च से जून के दौरान दिल्ली का औसत न्यूनतम तापमान 22.9 डिग्री सेल्सियस रहा, जो 2022 के बाद सबसे गर्म है. वहीं, औसत अधिकतम तापमान 37 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो पिछले छह सालों में दूसरा सबसे ज्यादा औसत तापमान है. इसी अत्यधिक गर्मी और उमस के कारण मानसूनी हवाओं को दिल्ली तक पहुंचने में अतिरिक्त संघर्ष करना पड़ा.
बुलंदशहर के जहांगीराबाद पुलिस की गुरुवार रात करीब 11 बजे बदमाश से मुठभेड़ हो गई। पुलिस की जवाबी फायरिंग में बदमाश के दाहिने पैर में गोली लग गई। घायल बदमाश को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने आरोपी को इलाज के लिए सीएचसी में भर्ती कराया। जहां से उसे जिला अस्पताल भेजा गया है। गिरफ्तार आरोपी पर अलग-अलग थानों में 11 मुकदमें दर्ज हैं। आरोपी बुढ़ाना में स्कूल चोरी का मास्टरमाइंड है। जहांगीराबाद पुलिस का 10 दिन में तीसरा हाफ एनकाउंटर है। देखिए मुठभेड़ की तस्वीरें… अब पढ़िए पूरा घटनाक्रम… जहांगीराबाद थाना क्षेत्र में थाना पुलिस और स्वॉट टीम गुरूवार देर रात करीब 11 बजे रूटीन सघन चेकिंग के लिए निकली थी। इसी बीच ग्राम जलीलपुर-औरंगाबाद मार्ग पहुंचते ही एक युवक बाइक पर सवार होकर जा रहा था। पुलिस को देखते ही उसने तेजी से भागने की कोशिश की। पुलिस को उसकी हरकत पर शक हुआ। पुलिस ने उसे रुकने का इशारा किया लेकिन, वह बचकर भागने की फिराक में था। युवक के भागने पर पुलिस ने उसका पीछा किया। इस बीच उसकी बाइक फिसल गई। उसे गिरफ्तार करने के लिए पुलिस ने उसे गोली मारी। गोली बदमाश के दाहिने पैर में लग गई। वह घायल होकर जमीन पर गिर पड़ा। पुलिस ने घायल बदमाश को गिरफ्तार कर लिया। इलाज के लिए उसे सीएचसी में भर्ती कराया गया। जहां से जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान औरंगाबाद थाना क्षेत्र के रामगढ गांव निवासी पिंकल पुत्र संजीव के रूप में हुई है। आरोपी स्कूल में चोरी का मास्टरमाइंड है। 2 जुलाई को उसके खिलाफ इस मामले में मुकदमा दर्ज किया गया था। मौके से मिला बाइक और तमंचा पुलिस ने मौके से 315 बोर का तमंचा, दो जिंदा कारतूस, एक खोखा कारतूस और चोरी में इस्तेमाल बाइक बरामद की है। उसके पास से सफेद मेटल के जेवर भी मिले हैं। जिन्हें जांच के लिए फोरेंसिक टीम को सौंपा जाएगा। स्कूल में चोरी का मास्टरमाइंड है बदमाश जहांगीराबाद कोतवाली क्षेत्र के गांव बुढ़ाना के उच्च प्राथमिक विद्यालय में 29 जून को चोरी हुई थी। बदमाश ने स्कूल के मेन गेट का ताला तोड़कर दो टैबलेट, ब्लूटूथ स्पीकर, माइक्रोस्कोप और कुछ रजिस्टर चुरा लिए थे। जिसके बाद स्कूल के प्रधानाध्यापक अरविंद कुमार शर्मा ने थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। 2 जुलाई की शाम आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। देर रात उसे गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी पर दर्ज हैं 11 मुकदमें पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, आरोपी एक अंतरजनपदीय चोर और गैंगस्टर है। उसके खिलाफ दिल्ली, मथुरा और बुलंदशहर के विभिन्न थानों में चोरी, लूट, गैंगस्टर एक्ट और आर्म्स एक्ट समेत कुल 11 मुकदमे दर्ज हैं। गिरफ्तार करने वाली टीम में कोतवाली प्रभारी सुदेश कुमार, एसआई सौरभ कुमार, रामपाल शर्मा और स्वाट टीम इंचार्ज आदि शामिल है। 10 दिन में तीसरा एनकाउंटर जहांगीराबाद पुलिस का यह पिछले 10 दिनों में तीसरा एनकाउंटर है। पहली मुठभेड़ 23 जून की रात को हत्या के आरोपी के साथ हुई थी। मामला जहांगीराबाद थाना क्षेत्र का है। 21 जून की रात भैयापुर रोड पर शराब पार्टी के दौरान मामूली कहासुनी होने पर शिवम सैनी ने मनीष सैनी की गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस मामले ने पुलिस ने 23 जून की रात को शिवम को गांव जुगसांना के जंगल में हाफ एनकाउंटर में गिरफ्तार किया था। वहीं, दूसरी मुठभेड़ 27 जून को रेप के आरोपी के साथ हुई थी। अमरगढ़ रिपोर्टिंग चौकी में 22 जून की रात एक किशोरी के साथ चाकू की नोक पर रेप किया गया। पुलिस ने 27 जून की रात गांव मंगलपुर के जंगल में आरोपी इरफान को हाफ एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार कर लिया था। अनूपशहर सीओ शशांक श्रीवास्तव ने बताया आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। उसपर कई आपराधिक मुकदमें दर्ज हैं। मौके से बरामद हथियार को कब्जे में लेकर जांच की जा रही है।
पटना के गांधी मैदान के पॉश इलाके के पटना डोरमेट्री नामक होटल में सेक्स रैकेट का कारोबार चलने की गुप्त सूचना पुलिस को लगातार मिल रही थी। इसके आधार पर पुलिस ने देर रात छापेमारी की है। इस दौरान होटल के कमरे से आपत्तिजनक स्थिति में 5 महिलाओं और युवतियों का रेस्क्यू किया गया है। इस दौरान एक युवक को हिरासत में लिया गया है। वहीं, कार्रवाई के दौरान होटल संचालक मौके से फरार हो गया, जिसे पुलिस तलाश रही है। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। आरोपी से पूछताछ में पता चला है कि पिछले 1 साल से यह धंधा इस होटल में चल रहा था। गांधी मैदान के होटल में छापेमारी की तस्वीर… होटल के कमरे में की गई छापेमारी पुलिस को गांधी मैदान के पॉश इलाके में स्थित एक होटल में लंबे समय से संदिग्ध गतिविधियों और देह व्यापार संचालित होने की गुप्त सूचना मिल रही थी। इसके बाद पश्चिमी पुलिस अधीक्षक (SP) संकेत कुमार के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया गया। देर रात पुलिस टीम ने होटल में छापा मारा। कमरे में चल रही थी शराब पार्टी, होटल संचालक फरार पुलिस के मुताबिक, जब पुलिस की ओर से रेड की गई, तो होटल के कमरे में सभी बैठकर आपत्तिजनक स्थिति में शराब पार्टी और मौज मस्ती कर रहे थे। पुलिस को अचानक कमरे में देखकर सभी घबरा गए। इस दौरान उन लोगों ने भागने की कोशिश की, लेकिन कोई रास्ता नहीं मिलने से सभी पकड़े गए। इसी बीच होटल संचालक मौके का फायदा उठाकर फरार हो गया। आपत्तिजनक सामान बरामद, पूछताछ जारी पुलिस की टीम ने होटल में पकड़े गए सभी लोगों को गांधी मैदान थाने लाया है, जहां उनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि कब से और कैसे इस धंधे में सभी आए थे। यह गतिविधियां कब से संचालित हो रही थीं और इसमें किन-किन लोगों की संलिप्तता है। पकड़े गए युवक का नाम अशोक कुमार यादव है। जो जहानाबाद का रहने वाला है। सूर्या विहार होटल में काम करता है। पिछले 1 साल से यह धंधा इस होटल में चल रहा था। गांधी मैदान के पास अभिषेक प्लाजा के सेकेंड फ्लोर पर यह पटना डोरमेट्री नाम से होटल चल रहा था। G+8 का स्ट्रक्चर है। तीसरे फ्लोर तक कमर्शियल है और उसके उपर रेजिडेंशियल है। यहां लोग फ्लैट लेकर रहते हैं। 10 महिला-लड़कियों का रेस्क्यू, आपत्तिजनक सामान बरामद गांधी मैदान थानेदार अखिलेश मिश्रा ने बताया, ‘एक्जीबिशन रोड के होटल में छापेमारी की गई थी। वहां से 10 महिला-लड़कियों का रेस्क्यू किया गया है। एक युवक भी पकड़ा गया है। कमरे से शराब सहित आपत्तिजनक सामान बरामद किए गए हैं।’ पश्चिमी SP संकेत कुमार ने बताया, ‘होटल से पकड़ी गई लड़कियों में पश्चिम बंगाल, दिल्ली और बिहार की शामिल हैं। प्रथम दृष्टया देह व्यापार की बात निकलकर सामने आई है। फिलहाल पूछताछ की जा रही है। इसके आधार पर आगे की कार्रवाई होगी। सभी लड़कियां बालिग हैं।’ फिलहाल, पुलिस फरार होटल संचालक की तलाश कर रही है और जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
दिल्ली के मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने पाकिस्तान में गुरुद्वारा ध्वस्त किए जाने की निंदा की
दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने पाकिस्तान के फारूकाबाद स्थित 125 साल पुराने गुरुद्वारा साहिब को ध्वस्त किए जाने की कड़ी निंदा की है।
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने कृषि विभाग के अधिकारियों से 2 लाख 63 हजार 500 रुपये बरामद किए हैं। एसीबी की स्पेशल इनवेस्टिगेशन यूनिट (एसआईयू) ने जयपुर-दिल्ली नेशनल हाईवे पर शाहपुरा पुलिया के पास टाटा सफारी गाड़ी को रोककर तलाशी ली, जिसमें यह नकदी मिली। एसीबी के महानिदेशक गोविंद गुप्ता ने बताया- ब्यूरो को सूचना मिली थी कि जयपुर से आई कृषि विभाग की टीम भिवाड़ी-कोटपूतली औद्योगिक क्षेत्र में खाद और कीटनाशक निर्माण इकाइयों का निरीक्षण कर रही है। आरोप है कि निरीक्षण का डर दिखाकर कुछ औद्योगिक इकाइयों से अवैध रूप से पैसे वसूले जा रहे थे। सूचना के आधार पर उप महानिरीक्षक पुलिस (प्रथम) डॉ. रामेश्वर सिंह के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महावीर सिंह के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया गया। टीम ने शाहपुरा पुलिया पर निगरानी रखी और संदिग्ध वाहन को रोककर कार्रवाई की। दो अधिकारियों के बैग से मिला कैश तलाशी के दौरान कृषि अधिकारी महेश कुमार मीणा के बैग से 1 लाख 48 हजार 500 रुपये और कृषि अधिकारी चन्दा राम गुर्जर के बैग से 1 लाख 15 हजार रुपये बरामद हुए। गाड़ी में कृषि अधिकारी भगवान सहाय यादव और कृषि विभाग के चालक रमेश चन्द्र मीणा भी मौजूद थे, जिनकी भी नियमानुसार तलाशी ली गई। अधिकारियों की भूमिका की होगी जांच एसीबी अब बरामद नकदी के स्रोत, औद्योगिक इकाइयों से कथित अवैध वसूली और इसमें शामिल अधिकारियों की भूमिका की गहन जांच कर रही है। पूछताछ के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
दिल्ली को देश की ‘सिविक-टेक कैपिटल’ बनाने की दिशा में दिल्ली सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने गुरुवार को दिल्ली सचिवालय में ‘दिल्ली नेक्स्ट-कोड, क्रिएट एंड चेंज’ कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इसे देश का सबसे बड़ा सिविक-टेक इनोवेशन प्रोग्राम बताया जा रहा है, जिसका उद्देश्य युवाओं, स्टार्टअप, शोधकर्ताओं, शिक्षण संस्थानों और नवाचारकर्ताओं को एक मंच पर लाकर राजधानी की शहरी और नागरिक समस्याओं के तकनीक आधारित समाधान तैयार करना है। युवाओं को प्रशासनिक व्यवस्था से जोडे़गा दिल्ली नेक्स्ट : सीएम कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा आज सुशासन केवल नीतियां बनाने तक सीमित नहीं रह सकता। तकनीक, नवाचार और जनभागीदारी के जरिए समस्याओं के प्रभावी और स्थायी समाधान विकसित करना समय की जरूरत है। उन्होंने कहा कि दिल्ली नेक्स्ट केवल एक हैकाथॉन नहीं, बल्कि सरकार और नवाचार के बीच एक ऐसा सेतु है, जो युवाओं के विचारों को सीधे प्रशासनिक व्यवस्था से जोड़ेगा। सीएम ने कहा दिल्ली सरकार युवाओं को केवल प्रतियोगी नहीं, बल्कि सुशासन का साझेदार मानती है। उन्होंने कहा देश के युवाओं में असीम प्रतिभा है और यदि उन्हें सही मंच, मार्गदर्शन और अवसर मिले तो वे प्रशासनिक व्यवस्था में बड़ा बदलाव ला सकते हैं। उनके अनुसार, युवा केवल देश का भविष्य नहीं, बल्कि विकसित भारत के निर्माण की सबसे बड़ी ताकत हैं। विभिन्न विभागों के सहयोग से शुरू होगा पायलट प्रोजेक्ट : रेखा गुप्ता मुख्यमंत्री ने बताया कि यह कार्यक्रम पारंपरिक हैकाथॉन से अलग होगा। जहां अधिकांश हैकाथॉन पुरस्कार वितरण के साथ समाप्त हो जाते हैं, वहीं ‘दिल्ली नेक्स्ट’ में चयनित शीर्ष 60 टीमों के तकनीकी समाधानों को संबंधित सरकारी विभागों के सहयोग से पायलट प्रोजेक्ट के रूप में लागू किया जाएगा। सफल मॉडलों को चरणबद्ध तरीके से सरकारी कार्यप्रणाली में शामिल किया जाएगा, ताकि नागरिकों को सीधे लाभ मिल सके। उन्होंने कहा इस पहल से दिल्ली में तकनीक आधारित प्रशासन को बढ़ावा मिलेगा और युवाओं के नवाचार वास्तविक समस्याओं के समाधान का हिस्सा बनेंगे।
बागपत में दो महिला गांजा तस्कर गिरफ्तार:दिल्ली से लाकर करती थीं तस्करी, 1.1 किलो गांजा बरामद
बागपत शहर कोतवाली क्षेत्र के टटीरी कस्बे से पुलिस ने गुरुवार को दो महिला गांजा तस्करों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से 1 किलो 100 ग्राम गांजा बरामद हुआ है, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 30 हजार रुपये बताई जा रही है। पुलिस के अनुसार, ये महिलाएं रोजाना दिल्ली से बागपत आकर गांजे की तस्करी करती थीं। वे सुबह आती थीं और शाम तक इस गांजा तस्करी में लिप्त रहती थीं। पुलिस को लगातार गांजा तस्करी की शिकायतें मिल रही थीं। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने जाल बिछाया और चेकिंग अभियान के दौरान टटीरी कस्बे से दोनों आरोपियों को पकड़ा। गिरफ्तार की गई दोनों महिलाएं दिल्ली की निवासी हैं। टटीरी चौकी प्रभारी सीमा सिंह ने बताया कि मामले की गहन छानबीन की जा रही है।
दिल्ली प्रीमियर लीग (डीपीएल) 2026 विमेंस ऑक्शन में बाएं हाथ की स्पिनर परुनिका सिसोदिया सबसे महंगी खिलाड़ी रहीं, जिन्हें ईस्ट दिल्ली राइडर्स ने 14 लाख रुपए में खरीदा। आरुषि गोयल 11 लाख रुपए की कीमत के साथ दूसरी सबसे महंगी खिलाड़ी रहीं, उन्हें सेंट्रल दिल्ली क्वींस ने अपने साथ जोड़ा है। टूर्नामेंट के तीसरे संस्करण के लिए सभी चार फ्रेंचाइजी ने अपनी-अपनी टीमें तैयार कर ली हैं। ईस्ट दिल्ली राइडर्स ने परुनिका सिसोदिया और सिमरन बहादुर जैसी नामी खिलाड़ियों को शामिल करते हुए अपनी टीम को मजबूत किया, जबकि सेंट्रल दिल्ली क्वींस ने पहले से टीम में मौजूद ऑलराउंडर सोनी यादव के साथ जोड़ी बनाने के लिए ऑलराउंडर आरुषि गोयल को खरीदा। नॉर्थ दिल्ली स्ट्राइकर्स ने पहले से टीम में मौजूद खिलाड़ी आयुषी सोनी के साथ प्रिया मिश्रा को जोड़कर अपनी गेंदबाजी को मजबूत किया। वहीं, साउथ दिल्ली सुपरस्टार्स ने भारत की अंडर-19 खिलाड़ी श्वेता सहरावत के साथ जोड़ी बनाने के लिए भारत की तरफ से 12 वनडे और 3 टी20 मैच खेल चुकीं बल्लेबाज प्रिया पुनिया को साइन किया। इन फ्रेंचाइजी ने पिछले सीजन के बेहतरीन खिलाड़ियों को टीम में बनाए रखने के लिए रणनीतिक रूप से राइट टू मैच (आरटीएम) कार्ड का भी इस्तेमाल किया। ईस्ट दिल्ली राइडर्स ने प्रज्ञा रावत को 7 लाख रुपए में वापस टीम में शामिल किया, जबकि नॉर्थ दिल्ली स्ट्राइकर्स ने ऑलराउंडर समायरा राघव को 7 लाख रुपए में फिर से साइन किया। नीलामी के अंत तक, सभी चार फ्रेंचाइजी ने अनुभवी कलाकारों और होनहार युवा प्रतिभाओं के मिश्रण वाली संतुलित टीमें बनाईं। नीलामी में सबसे महंगे खिलाड़ी: 14 लाख रुपए: परुनिका सिसोदिया (ईस्ट दिल्ली राइडर्स) 11 लाख रुपए: आरुषि गोयल (सेंट्रल दिल्ली क्वींस) 8 लाख रुपए: सुमिति सोनी (सेंट्रल दिल्ली क्वींस) 8 लाख रुपए: सिमरन दिल बहादुर (ईस्ट दिल्ली राइडर्स) 7 लाख रुपए: पूर्वा सिवाच (ईस्ट दिल्ली राइडर्स) 7 लाख रुपए: समायरा राघव (नॉर्थ दिल्ली स्ट्राइकर्स) 7 लाख रुपए: प्रज्ञा रावत (ईस्ट दिल्ली राइडर्स) टीमें: सेंट्रल दिल्ली क्वींस: सोनी यादव, आरुषि गोयल, मोनिका, दीक्षा शर्मा, निधि महतो, सुमिति सोनी, मेधावी बिधूड़ी, रितिशा खुशी, निधि तंवर, कनिका माथुर, आर प्रियदर्शनी, रिया कोंडल, साची, ज्योति, मल्लिका खत्री, नेहा परमार, पूजा हलदर, अक्षिता जैन, निष्ठा बिष्ट, काश्वी कुमार, चेल्सी यादव, तनु चौहान। ईस्ट दिल्ली राइडर्स: परुनिका सिसौदिया, सिमरन बहादुर, भारती रावल, प्रज्ञा रावत, पूर्वा सिवाच, वंशिका लीला, आरना डुडेजा, गोयिंका शर्मा, माही चौहान, नीलांचल नर्वल, सोनाक्षी, तमन्ना सिंह, सुहाना अत्री, इशिका, रीति तोमर, हृदया शर्मा, नेहा छिल्लर, उर्वशी गुप्ता, जसलीन कौर, गीत रारहना, यशस्वी धीमान, राजश्री यादव। सेंट्रल दिल्ली क्वींस: सोनी यादव, आरुषि गोयल, मोनिका, दीक्षा शर्मा, निधि महतो, सुमिति सोनी, मेधावी बिधूड़ी, रितिशा खुशी, निधि तंवर, कनिका माथुर, आर प्रियदर्शनी, रिया कोंडल, साची, ज्योति, मल्लिका खत्री, नेहा परमार, पूजा हलदर, अक्षिता जैन, निष्ठा बिष्ट, काश्वी कुमार, चेल्सी यादव, तनु चौहान। Also Read: LIVE Cricket Score साउथ दिल्ली सुपरस्टार: प्रिया पुनिया, श्वेता सहरावत, एकता भड़ाना, तनीषा सिंह, दिशा नागर, मयूरी सिंह, निशिका सिंह, हिमाक्षी चौधरी, तनिष्का सिंह, आरती कुमारी, छवि गुप्ता, कशिश, अनन्या पाहुजा, अवलीन कौर, हर्षिता, मिताली आर, गीतांजलि, प्रगति बिष्ट, अनामिका कुमारी, यशिका, रूपाली विश्व मोहन। Article Source: IANS
दिल्ली दहलाने की बड़ी साजिश नाकाम, खुफिया एजेंसियों ने दबोचे ISI मॉड्यूल के 4 खतरनाक संदिग्ध
देश की राजधानी दिल्ली एक बार फिर बड़े आतंकी हमले की साजिश से बाल-बाल बची है। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल और केंद्रीय खुफिया एजेंसियों ने एक बड़े ज्वाइंट ऑपरेशन में पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई (ISI) समर्थित मॉड्यूल का भंडाफोड़ करते हुए 4 संदिग्ध आतंकवादियों को गिरफ्तार किया है। इन संदिग्धों के पास से भारी मात्रा में अत्याधुनिक हथियार, गोला-बारूद और विस्फोटक सामग्री बरामद की गई है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि ये आतंकवादी दिल्ली-एनसीआर के कई वीवीआईपी (VVIP) इलाकों, भीड़भाड़ वाले बाजारों और महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों को निशाना बनाने की फिराक में थे।त्योहारों और अहम मौकों से पहले राजधानी में बड़े धमाकों की थी प्लानिंगगिरफ्तार किए गए संदिग्धों से पूछताछ में बेहद चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। खुफिया सूत्रों के अनुसार, सीमा पार बैठे आकाओं के इशारे पर इन आतंकियों को दिल्ली और उसके आसपास के इलाकों में लोन-वुल्फ अटैक (Lone-Wolf Attack) या फिर सिलसिलेवार बम धमाके करने का टास्क दिया गया था। आईएसआई का मकसद देश की राजधानी में दहशत का माहौल पैदा करना और सांप्रदायिक सौहार्द को बिगाड़ना था। इनके कब्जे से बरामद किए गए डिजिटल डिवाइस और मोबाइल फोन से कुछ संवेदनशील नक्शे और जीपीएस लोकेशन भी मिली हैं, जिन्हें इन्होंने अपने हैंडलर्स के साथ शेयर किया था।दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल का बड़ा खुफिया ऑपरेशन और सटीक रेडइस पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने कई दिनों से जाल बिछा रखा था। टेक्निकल सर्विलांस और लोकल इनपुट के आधार पर पुलिस ने दिल्ली के उत्तर-पूर्वी और मध्य जिलों के संदिग्ध ठिकानों पर देर रात एक साथ छापेमारी की। सुरक्षा बलों की मुस्तैदी के चलते इन संदिग्धों को संभलने तक का मौका नहीं मिला और इन्हें रंगे हाथों दबोच लिया गया। पुलिस अब इन चारों आरोपियों को रिमांड पर लेकर उनके स्थानीय मददगारों (Sleeper Cells) और देश के अन्य हिस्सों में फैले उनके नेटवर्क का पता लगाने में जुटी है।दिल्ली-एनसीआर में हाई अलर्ट और स्थानीय इलाकों में सुरक्षा सख्तइस बड़ी कामयाबी के बाद पूरी दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में सुरक्षा व्यवस्था को बेहद कड़ा कर दिया गया है। विशेष रूप से दिल्ली के सीमाओं, रेलवे स्टेशनों, बस अड्डों और मेट्रो स्टेशनों पर सघन चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। दिल्ली पुलिस ने स्थानीय नागरिकों और रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन्स (RWA) से भी अपील की है कि वे अपने इलाकों में किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या लावारिस वस्तु को देखते ही तुरंत पुलिस को सूचित करें। लोकल इंटेलिजेंस यूनिट्स को भी पूरी तरह एक्टिव कर दिया गया है ताकि किसी भी तरह के खतरे को समय रहते टाला जा सके।
'माफीवीर राहुल गांधी': भाजपा नेता ने दिल्ली में लगाए कांग्रेस सांसद के खिलाफ विवादित पोस्टर
भाजपा नेता तजिंदर बग्गा ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को निशाना बनाते हुए दिल्ली में उनके खिलाफ पोस्टर लगाए हैं। केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान के बेटे से जुड़े मानहानि के मामले में राहुल गांधी के माफी मांगने के बाद पोस्टरों में उन्हें 'माफीवीर' कहा गया है।
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने ISI से जुड़े कथित आतंकी नेटवर्क का भंडाफोड़ कर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। विदेशी पिस्तौल, कारतूस और मोबाइल फोन बरामद, दिल्ली-एनसीआर में बड़ी साजिश नाकाम।
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली ईवी पॉलिसी-2026 केवल प्रदूषण कम करने की पहल नहीं, बल्कि आम लोगों की आर्थिक बचत और आजीविका को मजबूत करने वाली नीति है। सरकार का दावा है कि खरीद प्रोत्साहन, स्क्रैपिंग इंसेंटिव, आजीवन रोड टैक्स छूट और रजिस्ट्रेशन शुल्क माफी के जरिए इलेक्ट्रिक वाहन खरीदना पहले से अधिक किफायती होगा। मुख्यमंत्री के अनुसार, पात्र खरीदारों को इलेक्ट्रिक दोपहिया पर 30 हजार रुपए तक का खरीद प्रोत्साहन और 10 हजार रुपए तक का स्क्रैपिंग इंसेंटिव मिलेगा। इससे शुरुआती स्तर पर 50 हजार रुपए से अधिक की बचत संभव होगी। वहीं, ई-ऑटो (एल-5) खरीदने वालों को 50 हजार रुपए तक का खरीद प्रोत्साहन और 25 हजार रुपए तक का स्क्रैपिंग इंसेंटिव मिलेगा, जिससे 75 हजार रुपए से अधिक की बचत हो सकती है। पुरानी कार स्क्रैप करने पर ₹1 लाख तक का लाभ इलेक्ट्रिक एन-1 गुड्स कैरियर खरीदने वाले पात्र लाभार्थियों को एक लाख रुपए तक का खरीद प्रोत्साहन और 50 हजार रुपए तक का स्क्रैपिंग इंसेंटिव मिलेगा। रोड टैक्स और रजिस्ट्रेशन शुल्क में छूट के साथ कुल शुरुआती बचत करीब 1.50 लाख रुपए तक पहुंच सकती है। ग्रामीण सेवा वाहनों के लिए भी स्क्रैपिंग प्रोत्साहन का प्रावधान किया गया है। रेखा गुप्ता ने स्पष्ट किया कि निजी इलेक्ट्रिक कारों पर खरीद सब्सिडी नहीं दी जाएगी। हालांकि, यदि कोई व्यक्ति अपनी पुरानी पेट्रोल या डीजल कार स्क्रैप कर इलेक्ट्रिक कार खरीदता है तो उसे एक लाख रुपए तक का स्क्रैपिंग इंसेंटिव मिलेगा। इसके अलावा रोड टैक्स और रजिस्ट्रेशन शुल्क में छूट का लाभ भी मिलेगा। खरीद से पहले सूची जांचने की अपील मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने सार्वजनिक धन का उपयोग उन वाहन श्रेणियों पर केंद्रित किया है, जिनका इस्तेमाल मुख्य रूप से मध्यम एवं निम्न आय वर्ग, व्यावसायिक चालक, डिलीवरी पार्टनर और छोटे कारोबारी करते हैं। उन्होंने कहा कि इलेक्ट्रिक वाहनों की परिचालन और रखरखाव लागत भी पारंपरिक वाहनों की तुलना में काफी कम है, जिससे लंबे समय में अतिरिक्त बचत होगी। उन्होंने बताया कि दिल्ली में 300 से अधिक पंजीकृत ईवी मॉडल उपलब्ध हैं। नागरिकों से अपील की गई है कि वाहन खरीदने से पहले परिवहन विभाग के पोर्टल पर उपलब्ध अनुमोदित मॉडलों की सूची अवश्य जांच लें।
पूर्व विधायक और अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) के सदस्य प्रवीण पाठक ने गुरुवार को नई दिल्ली स्थित कांग्रेस मुख्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर मध्य प्रदेश की भाजपा सरकार और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले 20-22 वर्षों में भाजपा सरकार ने मध्य प्रदेश की पहचान एक गौरवशाली राज्य के बजाय भ्रष्टाचार की कार्यशाला के रूप में बना दी है। उन्होंने कहा कि व्यापमं घोटाले से शुरू हुआ भ्रष्टाचार आज पूरे देश में पेपर लीक और परीक्षा घोटालों के रूप में फैल चुका है। एमपी आरएसएस की नहीं, करप्शन की कार्यशाला बन गया प्रवीण पाठक ने कहा कि मध्य प्रदेश केवल आरएसएस की कार्यशाला नहीं, बल्कि भ्रष्टाचार की भी कार्यशाला बन गया है। उन्होंने कहा कि जिस तरह देश का युवा आज नीट समेत विभिन्न परीक्षाओं में पेपर लीक और भ्रष्टाचार का दंश झेल रहा है, उसकी शुरुआत मध्य प्रदेश के व्यापमं घोटाले से हुई थी। इस घोटाले ने प्रदेश की एक पूरी पीढ़ी का भविष्य बर्बाद कर दिया और बाद में इसका स्वरूप पूरे देश में फैल गया। रामराज्य की बात करने वाले राम का चढ़ावा खा गए प्रवीण पाठक ने भाजपा पर कटाक्ष करते हुए कहा कि पहले सुना जाता था कि राजनीतिक दल चंदे से चलते हैं, लेकिन पहली बार ऐसा देखा कि कोई पार्टी चंदा भी खा जाती है। उन्होंने हाल में अयोध्या में मंदिर के चढ़ावे की कथित चोरी का उल्लेख करते हुए कहा कि जो लोग रामराज्य की बात करते थे, वे भगवान राम का चढ़ावा भी सुरक्षित नहीं रख पाए। चंदे की चोरी पाप है, जबकि चढ़ावे की चोरी महापाप है। उन्होंने कहा कि जब प्रधानमंत्री हर उपलब्धि का श्रेय लेते हैं तो इस मामले में भी उन्हें हस्तक्षेप कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करानी चाहिए। जमीन खरीदी के आरोपों पर सीएम चुप क्यों प्रवीण पाठक ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव पर लगे जमीन संबंधी आरोपों का जिक्र करते हुए कहा कि दस दिन बीत जाने के बाद भी न मुख्यमंत्री और न ही भाजपा नेतृत्व ने कोई सफाई दी है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जमीन से तो नहीं जुड़े, लेकिन जमीनों से जरूर जुड़ गए हैं। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार कई बार मुख्यमंत्री से जवाब और इस्तीफे की मांग कर चुके हैं, लेकिन सरकार पूरी तरह मौन है। 15 जुलाई को सीएम हाउस घेरेगी कांग्रेस प्रवीण पाठक ने बताया कि दो दिन पहले हुई मध्य प्रदेश कांग्रेस की पॉलिटिकल अफेयर्स कमेटी (PAC) की बैठक में वीर भारत न्यास को एक रुपए में करोड़ों रुपए की जमीन दिए जाने और मुख्यमंत्री के परिवार द्वारा जमीन खरीद के मामले को प्रमुखता से उठाने का फैसला लिया गया है। प्रवीण पाठक ने कहा कि कांग्रेस अब इन मुद्दों को लेकर प्रदेशव्यापी आंदोलन चलाएगी। इसके तहत उज्जैन से अयोध्या तक कथित लूट के मुद्दे पर संभाग स्तर पर प्रेस कॉन्फ्रेंस की जाएंगी। एक ऑनलाइन पोर्टल शुरू किया जाएगा, जहां आम लोग भ्रष्टाचार से जुड़े दस्तावेज और साक्ष्य अपलोड कर सकेंगे। 15 जुलाई को मुख्यमंत्री निवास का घेराव किया जाएगा, जबकि 20 जुलाई से शुरू होने वाले विधानसभा सत्र में नेता प्रतिपक्ष सरकार और मुख्यमंत्री से सीधे जवाब मांगेंगे। मुख्यमंत्री जहां-जहां दौरे पर जाएंगे, वहां संबंधित जिला कांग्रेस कमेटियां उनसे सवाल पूछेंगी। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने कार्रवाई नहीं की तो उज्जैन में बड़ा आंदोलन किया जाएगा। कांग्रेस ने इस पूरे मामले में सरकार से श्वेत पत्र जारी करने तथा सर्वोच्च न्यायालय के एक न्यायाधीश की अध्यक्षता में स्वतंत्र जांच समिति गठित करने की मांग भी की।
Mumbai Rain Live Updates: मुंबई में रेड अलर्ट, दिल्ली में भारी बारिश; देखें आपके इलाके का हाल
Mumbai Rain Red Alert: देश के दो सबसे बड़े महानगरों—मुंबई और दिल्ली—में मानसून ने अपना रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने मुंबई और उसके आस-पास के इलाकों के लिए 'रेड अलर्ट' जारी किया है, जबकि दिल्ली-NCR में भी सुबह से मूसलाधार बारिश का दौर जारी है। क्या आपकी सोसाइटी या दफ्तर के रास्ते में भी भर गया है पानी? मुंबई में रेड अलर्ट के बीच घर से निकलने से पहले जान लें मौसम विभाग (IMD) की ये चेतावनी और अपने शहर के लाइव ट्रैफिक का हाल! मुंबई में आफत की बारिश: 'रेड अलर्ट' जारी, अगले 24 घंटे भारी मौसम विभाग (IMD) ने मुंबई, ठाणे और कोंकण क्षेत्र के लिए अत्यंत भारी बारिश की चेतावनी देते हुए 'रेड अलर्ट' जारी किया है। सुबह से हो रही लगातार बारिश के कारण निचले इलाकों में पानी भरना शुरू हो गया है। • कहां सबसे ज़्यादा ख़तरा? हिंदमाता, सायन, अंधेरी सबवे, और कुर्ला जैसे पारंपरिक जलभराव वाले इलाकों में घुटनों तक पानी भर चुका है। • लोकल ट्रेन और बेस्ट बसें: सेंट्रल और वेस्टर्न रेलवे लाइनों पर लोकल ट्रेनें 15 से 20 मिनट की देरी से चल रही हैं। वहीं, बेस्ट (BEST) बसों के रूट्स को भी कई जगहों पर डायवर्ट किया गया है। मुंबई ट्रैफिक पुलिस की सलाह: मुंबई ट्रैफिक पुलिस ने अपने आधिकारिक X (ट्विटर) हैंडल पर नागरिकों से अपील की है कि वे बेहद जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकलें। अंधेरी सबवे को एहतियातन यातायात के लिए बंद कर दिया गया है। दिल्ली- NCR में मानसून की पहली जोरदार दस्तक, लगा लंबा जाम सिर्फ आर्थिक राजधानी ही नहीं, बल्कि देश की राजधानी दिल्ली और उससे सटे नोएडा, गाजियाबाद और गुरुग्राम (Gurugram) में भी आज सुबह से भारी बारिश हो रही है। इस बारिश ने भीषण गर्मी से तो राहत दी है, लेकिन दफ्तर जाने वालों के लिए मुसीबत खड़ी कर दी है। दिल्ली- NCR के मुख्य अपडेट्स: • ट्रैफिक एडवायजरी: धौला कुआं, आईटीओ (ITO), और रिंग रोड पर वाहनों की लंबी कतारें देखी जा रही हैं। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने जलभराव के कारण कुछ रास्तों पर जाने से बचने की सलाह दी है। • तापमान में गिरावट: भारी बारिश के कारण दिल्ली का अधिकतम तापमान सामान्य से 4 से 5 डिग्री नीचे लुढ़क गया है। IMD का ताजा बुलेटिन: इन राज्यों में भी अलर्ट जारी मौसम विभाग के महानिदेशक के मुताबिक, मॉनसून की ट्रफ लाइन इस समय सक्रिय स्थिति में है, जिसके कारण अगले 48 घंटों तक उत्तर और पश्चिम भारत में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। शहर/राज्य अलर्ट का प्रकार संभावित प्रभाव मुंबई और ठाणे रेड अलर्ट (Red Alert) भारी जलभराव, लोकल ट्रेनें प्रभावित दिल्ली-NCR ऑरेंज अलर्ट (Orange Alert) मुख्य चौराहों पर ट्रैफिक जाम की स्थिति गुजरात और गोवा येलो/ऑरेंज अलर्ट तटीय इलाकों में तेज हवाएं और बारिश घर से निकलने से पहले बरतें ये सावधानियां ( Safety Tips) 1. लाइव ट्रैफिक अपडेट्स देखें: निकलने से पहले गूगल मैप्स और स्थानीय ट्रैफिक पुलिस के सोशल मीडिया हैंडल्स (जैसे @MumbaiPolice या @GTPTraffic) को जरूर चेक करें। 2. खुले तारों और मैनहोल से बचें: जलभराव वाले रास्तों पर चलते समय बिजली के खंभों और खुले हुए गटर/मैनहोल से दूरी बनाकर रखें। 3. गाड़ी चलाते समय रखें ध्यान: पानी से भरी सड़कों पर गाड़ी की रफ्तार धीमी रखें और इमर्जेंसी इंडिकेटर्स का इस्तेमाल करें। पाठकों के लिए जरूरी सूचना यह लाइव ब्लॉग मौसम विभाग (IMD) और स्थानीय प्रशासन से मिली आधिकारिक जानकारियों के आधार पर अपडेट किया जा रहा है। किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें और सुरक्षित रहें। अपने इलाके की लाइव स्थिति जानने के लिए हमारे पेज को रीफ्रेश करते रहें।
दिल्ली से घर आए युवक पर चाकू से हमला:सीतामढ़ी में मामूली बहस को लेकर विवाद, गंभीर घायल
सीतामढ़ी नगर थाना क्षेत्र के कोट बाजार में मामूली नोकझोंक के बाद दिल्ली से घर आए मनी कुमार नामक युवक पर चाकू से हमला किया गया। इस हमले में मनी कुमार गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तत्काल सीतामढ़ी सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए रेफर कर दिया गया। जानकारी के अनुसार, मनी कुमार दिल्ली में रहकर काम करते हैं और हाल ही में छुट्टी पर अपने घर कोट बाजार आए थे। बीती रात उनकी बबलू कुमार से किसी बात को लेकर कहासुनी और नोकझोंक हुई थी। उस समय स्थानीय लोगों और परिजनों के हस्तक्षेप से मामला शांत हो गया था। ताबड़तोड़ चाकू से हमला कर दिया आरोप है कि अहले सुबह बबलू कुमार अपने कुछ साथियों के साथ मनी कुमार के पास पहुंचा और उस पर ताबड़तोड़ चाकू से हमला कर दिया। चाकू लगने से मनी कुमार गंभीर रूप से घायल होकर मौके पर ही गिर पड़े। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में लोग मौके पर जुट गए। नगर थानाध्यक्ष धनंजय चौधरी ने बताया कि इस मामले में फिलहाल कोई लिखित आवेदन प्राप्त नहीं हुआ है। आवेदन मिलने के बाद पूरे मामले की जांच कर आरोपितों के विरुद्ध विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।
दिल्ली-एनसीआर में झमाझम बारिश, गर्मी को मिली मात
दिल्ली-एनसीआर में गुरुवार सुबह अचानक से मौसम का मिजाज बदल गया। कई इलाकों में तेज हवाओं के साथ बारिश हुई, जिससे उमस और गर्मी से काफी राहत मिली।
एक साल पहले 2 जुलाई 2025 को नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने जयपुर-दौसा-बांदीकुई ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे शुरू किया था। करीब 67 किलोमीटर लंबा ये एक्सप्रेसवे ट्रैफिक को दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे में मर्ज करता है। अथॉरिटी ने जयपुर से शुरू होने वाले इस सफर को लेकर कई दावे किए थे… इस रूट से जयपुर से दिल्ली पहुंचने में महज 3 घंटे लगेंगे। करीब 120 किलोमीटर प्रति घंटे की स्पीड से कारें दौड़ेंगी। न तो कहीं जाम लगेगा और न ही सड़क पर ब्रेकर या गड्ढे मिलेंगे। अब एक साल बाद इस एक्सप्रेस-वे की ग्राउंड रिएलिटी क्या है? क्या वाकई जयपुर से दिल्ली का सफर आसान हो गया है? ट्रैफिक जाम, लंबी टोल लाइनें, सड़क पर घूमते जानवरों और ट्रैफिक नियम तोड़ने वाले वाहनों का खतरा खत्म हो गया है? इन्हीं सवालों के जवाब तलाशने के लिए भास्कर ने जयपुर से दिल्ली तक की जर्नी की। आप भी चलिए हमारे साथ इस सफर पर... रिपेयरिंग में परेशानी, कई जगह सड़क उबड़-खाबड़ भास्कर टीम सुबह 7:15 बजे जयपुर में जयपुर-दौसा-बांदीकुई ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के स्टार्टिंग पॉइंट बगराना गांव के इंटरचेंज पर पहुंची। इस टोल प्लाजा पर हमारी कार की डिजिटली एंट्री हुई, कोई टोल नहीं कटा। इसके बाद हम दिल्ली के सफर पर निकल गए। एक्सप्रेस-वे पर साल भर में ही सड़क कई जगहों पर उखड़ गई हैं। हालांकि इन्हें NHAI ने रिपेयर किया है, पर रिपेयरिंग का काम ठीक से नहीं किए जाने से कई जगहों पर सड़क उबड़-खाबड़ हो गई है। यही वजह रही कि हम एक्सप्रेस वे पर 120 किलोमीटर प्रति घंटे की टॉप स्पीड पर नहीं चल पा रहे थे। हमने हमारे ड्राइवर बलराम से पूछा तो उन्होंने बताया कि सड़क पर इनकी वजह से टर्बुलेन्स होता है। स्पीड में कार का संतुलन बिगाड़ सकता है। हालांकि इसके बाद भी एक्सप्रेस-वे पर हमारी कार 90 से 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ़्तार से दौड़ रही थी। एक्सप्रेस-वे के किनारे खुल गए हैं ढाबे वक्त हो रहा था सुबह 7 बजकर 45 मिनट और हमने जयपुर से बांदीकुई तक एक्सप्रेस-वे का 67 किलोमीटर तक सफर पूरा कर लिया था। आगे सफर में करीब 20-25 किलोमीटर तक सड़क में कई जगहों पर गाड़ी जंप कर रही थी। झटके भी लग रहे थे। रिपेयरिंग वर्क के कारण स्पीड को धीमा करना पड़ रहा था। हालांकि इसके बावजूद अब तक का सफर बिना ट्रैफिक जाम वाला था। अच्छी हाइट पर बने एक्सप्रेस-वे की बनावट ऐसी है कि एक्सप्रेस-वे के दोनों और खेतों के नजारे और अरावली की पहाड़ियों का व्यू शानदार अनुभव देता है। हालांकि एक्सप्रेस-वे से लगते खेतों से कई जगहों पर हाईवे की तरफ एक्सेस खोल ली गई है। इसके चलते वहां छोटे-छोटे ढाबे और ठेले लग गए हैं। इनके किनारों पर कई ट्रक और कार ड्राइवर अपनी गाड़ियों को खड़ा कर देते हैं, जबकि एक्सप्रेस-वे पर गाड़ी रोकना सख्त मना है। इसके लिए बांदीकुई से आगे हर 25 किलोमीटर के बाद रेस्ट एरिया बनाए गए हैं। इन रेस्ट एरिया में ट्रॉमा सेंटर, ई-व्हीकल चार्जिंग पाइंट, पेट्रोल पंप, सर्विस स्टेशन और रेस्टोरेंट व फूड प्लाजा खुले हुए हैं, जहां बड़ी तादाद में गाड़ियां रुक रही थी। दिल्ली से 60-65 किलोमीटर पहले बढ़ गया ट्रैफिक अब हमारी कार 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ़्तार से लेकर 118 और कई बार 120 किलोमीटर की स्पीड पकड़ रही थी। करीब 227 किलोमीटर का सफर तय करने के बाद एक्सप्रेस वे का हिलालपुर एग्जिट फ्री प्लाजा आया। यहां अब तक तय की गई डिस्टेंस के हिसाब से अपने आप कैलकुलेट होकर फास्टैग से 470 रुपए का टोल कटा। टाइम हो रहा था, 9 बजकर 33 मिनट। यानी 227 किमी की दूरी महज 2 घंटे 18 मिनट में पूरी कर ली थी। दिल्ली अभी 60-65 किलोमीटर दूर थी। यहां से आगे बढ़े तो स्पीड कम करनी पड़ी, क्योंकि ऑफिस टाइम होने के चलते दिल्ली और गुरुग्राम की तरफ जाने वालों की वजह से ट्रैफिक बढ़ गया था। 32 किलोमीटर चलने के बाद सुबह 9 बजकर 45 मिनट पर घमोरज सोहना रोड टोल प्लाजा पहुंचे। फास्टैग के मार्फ़त यहां 130 रुपए टोल काटा गया। अब हम गुरुग्राम के रास्ते दिल्ली की तरफ जा रहे थे। यहां ट्रैफिक का दबाव और बढ़ गया। कई बार कार की रफ्तार 60 किलोमीटर प्रति घंटे से भी कम करनी पड़ी। सुबह 10 बजकर 25 मिनट पर हमने बिजवासन टोल प्लाजा से दिल्ली में एंट्री ले ली। यहां भी फास्टैग से 79 रुपए का टोल काटा गया। ऐसे में हमने जयपुर के बगराना से दिल्ली में बिजवासन टोल प्लाजा से एंट्री तक का 285 किमी का ये पूरा सफर 3 घंटे 10 मिनट में पूरा कर लिया। कुछ जगहों को छोड़ दे तो अधिकांश रोड क्वालिटी बेहतर तो नहीं, लेकिन अच्छी है। इस सफर के दौरान हमें पूरे एक्सप्रेस-वे पर कहीं भी ब्रेकर नजर नहीं आए। 285 किमी में 227 किमी या 80% सफर में ब्रेक नहीं लगाने पड़े। जांच में 4 दावे फेल साबित हुए 1. कुछ जगहों पर सीसीटीवी बंद या खराब : हाईवे पर हर 500 मीटर की दूरी पर सीसीटीवी लगाए गए हैं। दावा था कि इससे आप कैमरों की नजर में रहेंगे। गाड़ी के आने-जाने का पूरा रिकॉर्ड मौजूद रहेगा। कुछ जगहों पर ये सीसीटीवी कैमरे खराब या बंद पड़े मिले। हालांकि इन्हें तुरंत रिपेयर भी किया जा रहा था। 2. फोन बूथ से सामान चोरी : एक्सप्रेस-वे पर इमरजेंसी हेल्प के लिए फोन बूथ भी बनाए गए थे। इनमें से अधिकांश तो खराब पड़े हैं और कुछ के सामान चोरी हो गए हैं। 3. दोनों ओर बैरिकेडिंग का दावा फेल : हाईवे के दोनों ओर बेरिकेडिंग का भी दावा था ताकि आवारा जानवर सड़क पर न आ जाएं। हालांकि हमारी पड़ताल में ये दावा फेल साबित हुआ। एक्सप्रेस वे पर कुछ जगहों पर हमें एक्सीडेंट के बाद जानवरों के शव पड़े दिखे। वहीं इन बेरिकेडिंग को तोड़कर खेतों में चलते ढाबे और आवजाही के लिए बनाए गए रास्ते नजर आए। 4. दौड़ रहे दुपहिया और जुगाड़ : एक्सप्रेस-वे पर दुपहिया वाहन के साथ ट्रैक्टर, ऑटो और जुगाड़ के चलने की अनुमति नहीं हैं। बावजूद इसके ये गाड़ियां एक्सप्रेस-वे पर बड़ी संख्या में नजर आ जाती हैं। कैसा है इस एक्सप्रेस-वे का एक्सपीरियंस फर्स्टक्लास है ये रूट: ब्यावर के रहने वाले प्रसून शुक्ला ने बताया कि वो हरिद्वार से ब्यावर जा रहे हैं। मेरठ के आगे से वो अपनी कार से इस एक्सप्रेस वे पर चढ़े थे। महज ढाई घंटे में जयपुर पहुंच गए हैं। ये एक्सप्रेस वे की सड़क फर्स्टक्लास हैं। न ट्रैफिक, न कोई दूसरी रुकावट: अहमदाबाद से नैनीताल घूमने गए कुछ युवाओं का ग्रुप भी हमें मिला। कार ड्राइव कर रहे पार्थ गोयल ने बताया- एक्सप्रेस वे शानदार हैं। कहीं कोई ट्रैफिक नहीं है। उन्होंने गाजियाबाद से इस एक्सप्रेस-वे पर एंट्री ली थी। दो बार बीच में रुके थे, इसके बावजूद 5 घंटे में जयपुर पहुंच गए। …. दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए… राजस्थान में बस-ट्रेलर भिड़े, 8 मौतें:DNA टेस्ट से पहचान होगी, आग में फंसे थे 40 पैसेंजर्स; दावा- डिक्की में सिगरेट बॉक्स भरे थे राजस्थान के दौसा जिले में मंगलवार देर रात बस-ट्रेलर की भिड़ंत हो गई। एक्सीडेंट में 8 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। इनमें 6 लोगों की मौत आग में झुलसने से और 2 की सिर पर चोट लगने के कारण हुई है। पूरी खबर पढ़िए…
दिल्लीः वायु प्रदूषण के साथ ओजोन प्रदूषण की चुनौती
राजधानी दिल्ली वर्षों से वायु प्रदूषण की भयावह समस्या से जूझती रही है। हर सर्दी में धुंध की मोटी चादर, जहरीली हवा और दमघोंटू वातावरण राष्ट्रीय चिंता का विषय बनते हैं। अब तक इस संकट की चर्चा मुख्यतः पीएम 2.5, पीएम 10, पराली और वाहनों के धुएँ तक सीमित रही, लेकिन अब एक नया और ... Read more
दिल्ली की अदालत ने आईपीएस दीपक गहलावत को एक दिन की सीबीआई रिमांड पर भेजा
दिल्ली की एक अदालत ने 2012 बैच के हरियाणा कैडर के आईपीएस अधिकारी दीपक गहलावत को कथित रिश्वत मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की एक दिन की हिरासत में भेज दिया।
हरियाणा के फरीदाबाद में होटल में नकली नोट छापते पकड़े गए आईटी इंजीनियर विनायक झा से पुलिस ने दो दिन सख्ती से पूछताछ की। यह सख्ती बरतने के पीछे दो सवाल रहे। पहला यह कि विनायक गुरुग्राम में 42 लाख के सालाना पैकेज पर जॉब कर रहा था, तो फिर उसे नकली नोट छापने की जरूरत क्यों पड़ी। दूसरा सवाल यह कि माता-पिता सरकारी नौकरी में है, तो कहीं देश विरोधी एक्टिविटी करने वालों से तो संपर्क नहीं हो गया। मगर, रिमांड पर हुई पूछताछ में विनायक ने नकली नोट छापने के पीछे की जो वजह बताई, उसने पुलिस को भी हैरान कर दिया। पुलिस के मुताबिक, विनायक के कुछ दोस्त अमेरिका में रहते है, जो रोजाना उसे रील्स बनाकर भेजते थे। इन रील्स में ये युवक अमेरिकन करेंसी डॉलर को कभी हवा में उड़ाते तो कभी बेड पर बिछाकर उस पर सोते हुए दिखाते थे। विनायक ने भी रील बनाने के लिए नकली नोट छापने की प्लानिंग की। इसके लिए पहले इंटरनेट के माध्यम से भारतीय नोटों की डिजाइन और प्रिंटिंग संबंधी जानकारी जुटाई। दिल्ली सदर बाजार से ऑनलाइन प्रिंटर और अन्य उपकरण खरीदे, जबकि विशेष प्रकार का कागज भी यहीं से लाया। मगर, दो गलतियों की वजह से सरकारी नौकरी करने वाले मां-बाप का यह होनहार बेटा सलाखों के पीछे पहुंच गया। पुलिस पूछताछ में IT इंजीनियर ने क्या-क्या खुलासे किए… 2 गलतियों की वजह से खुला नकली नोट छापने का राज… दिल्ली के सप्लायर के पास लेकर पहुंची पुलिस क्राइम ब्रांच प्रभारी शीशपाल ने बताया कि पुलिस आरोपी को 29 जून को कोर्ट में पेश कर 2 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया था। वह दिल्ली के सदर बाजार से असली नोट से मिलता-जुलता पेपर खरीद कर लेकर आया था। पुलिस आरोपी को दिल्ली के सदर बाजार लेकेर गई, जहां पर कागज के सप्लायर की पहचान की गई है। पुलिस ने वहां से पेपर के कुछ रोल भी कब्जे में लिए है। पुलिस अब इस नेटवर्क को खंगाल रही है। 10 साल तक की सजा का प्रावधान क्राइम ब्रांच प्रभारी शीशपाल ने बताया कि विनायक झा ने आरोपी विनाक के खिलाफ नकली मुद्रा तैयार करने और उससे संबंधित अन्य धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। दोष सिद्ध होने पर उसे 10 वर्ष तक की सजा हो सकती है। पुलिस अब लैपटाप, प्रिंटर और अन्य इलेक्ट्रानिक उपकरणों की फोरेंसिक जांच करा रही है। इससे यह पता लगाया जाएगा कि पहले भी नकली नोट छापे गए थे या नहीं। पुलिस ने आरोपी को जेल में पेश किया जहां से उसको जेल भेज दिया गया है ---------------------- ये खबर भी पढ़ें…. 34 लाख पैकेज वाला इंजीनियर नकली नोट छाप रहा था:2 दिन से हरियाणा के होटल में रुका था, मां-बाप सरकारी नौकरी में नोएडा में सोमवार दोपहर एक आईटी इंजीनियर नकली नोट छापते हुए पकड़ा गया। हरियाणा की फरीदाबाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया। इंजीनियर दो दिन से हरियाणा के एक होटल में रुका हुआ था। वह अचानक ताला लगाकर गायब हो गया। इसके बाद होटल स्टाफ ने शक होने पर पुलिस को बुलाया। (पूरी खबर पढ़ें)
दिल्ली पुलिस की बड़ी पहल, ‘चाइल्ड सेफ्टी मंथ’ के तहत दो दिवसीय ट्रेनिंग ऑफ ट्रेनर्स कार्यक्रम शुरू
दिल्ली पुलिस ने ‘चाइल्ड सेफ्टी मंथ’ पहल के तहत दो दिवसीय ट्रेनिंग ऑफ ट्रेनर्स कार्यक्रम का आयोजन किया है। इस पहल का उद्देश्य राजधानी के शैक्षणिक संस्थानों में बच्चों की सुरक्षा और संरक्षण को मजबूत करना है।
दिल्ली सरकार ने राजधानी में हरित क्षेत्र बढ़ाने और पर्यावरण संरक्षण को जन-आंदोलन बनाने की दिशा में बुधवार को बड़ा कदम उठाते हुए ग्रीन ड्राइव पोर्टल लॉन्च किया। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने पर्यावरण, वन एवं वन्यजीव विभाग के कार्यक्रम में इस डिजिटल पोर्टल का शुभारंभ किया। यह पोर्टल रिज वन पुनरुद्धार कार्यक्रम–एक पेड़ मां के नाम अभियान का प्रमुख डिजिटल मंच होगा। सीएम ने कहा दिल्ली को स्वच्छ और हरित बनाने का लक्ष्य तभी पूरा होगा, जब नागरिक इसमें सक्रिय भागीदारी निभाएंगे। उन्होंने सभी दिल्लीवासियों से अधिक से अधिक पौधारोपण करने और अभियान से जुड़ने की अपील की। उन्होंने यह भी बताया कि ‘रिज वन पुनरुद्धार कार्यक्रम’ का औपचारिक शुभारंभ इसी माह केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह करेंगे। लोगों ने लिया ज्यादा से ज्यादा पौधारोपण करने का संकल्प कार्यक्रम में बड़ी संख्या में मौजूद दिल्ली ग्रीन वॉरियर्स और स्वयंसेवकों ने ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान को घर-घर तक पहुंचाने तथा अधिक से अधिक लोगों को पौधारोपण से जोड़ने का संकल्प लिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का दायित्व है। पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने कहा कि सरकार का लक्ष्य केवल 70 लाख पौधे लगाना नहीं, बल्कि हर नागरिक को हरित दिल्ली के निर्माण में भागीदार बनाना है। उन्होंने बताया कि पोर्टल पर दिल्ली की सभी 70 विधानसभा क्षेत्रों में चिन्हित पौधारोपण स्थलों का विवरण उपलब्ध कराया गया है, जिससे नागरिक अपनी सुविधा के अनुसार वृक्षारोपण के लिए स्लॉट बुक कर सकेंगे। पर्यावरण संरक्षण को तकनीक से जोड़ना महत्वपूर्ण पहल : सिरसा सिरसा ने कहा यह पोर्टल पर्यावरण संरक्षण को तकनीक से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। इससे नागरिकों, स्कूलों, आरडब्ल्यूए, कार्यालयों और सामाजिक संगठनों की भागीदारी बढ़ेगी और पौधारोपण अभियान को व्यापक जनसमर्थन मिलेगा। ग्रीन ड्राइव पोर्टल’ की प्रमुख सुविधाएं
डॉ. बाबा साहेब अंबेडकर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल (बीएसएएमसीएच) ने जूनियर रेजिडेंट (एमबीबीएस) के कुल 15 पदों को एडहॉक आधार पर भरने के लिए एक आधिकारिक अधिसूचना जारी करके आवेदन आमंत्रित किए हैं।
नई दिल्ली। दिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष विजेन्द्र गुप्ता ने बुधवार को संविधान (129वां संशोधन) विधेयक, 2024 और संघ राज्य क्षेत्र विधि (संशोधन) विधेयक, 2024 पर गठित संसदीय संयुक्त समिति (जेपीसी) के सदस्यों से विधानसभा परिसर में मुलाकात कर ‘एक राष्ट्र- एक चुनाव’ प्रस्ताव पर अपने सुझाव साझा किए। समिति के अध्यक्ष पी.पी. चौधरी के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल अध्ययन दौरे के तहत दिल्ली विधानसभा पहुंचा।यह दौरा देशभर में ‘एक राष्ट्र- एक चुनाव’ के प्रस्तावित ढांचे पर चल रहे परामर्श अभियान का हिस्सा है। समिति इस व्यवस्था से जुड़े संवैधानिक, विधिक, प्रशासनिक और निर्वाचन संबंधी पहलुओं का अध्ययन कर रही है। इसके लिए विभिन्न राज्य सरकारों, संवैधानिक संस्थाओं, राजनीतिक दलों और अन्य हितधारकों से सुझाव लिए जा रहे हैं। अध्ययन के बाद समिति अपनी अनुशंसाएं संसद को सौंपेगी। बार-बार चुनाव से सरकारी खजाने पर पड़ रहा बोझ : विधानसभा अध्यक्ष बैठक के दौरान विजेन्द्र गुप्ता ने कहा कि स्वतंत्रता के शुरुआती वर्षों में लोकसभा और विधानसभा चुनाव एक साथ कराए जाते थे, लेकिन समय के साथ राजनीतिक परिस्थितियों और विधानसभाओं के समयपूर्व विघटन के कारण चुनावी चक्र अलग-अलग हो गए। उन्होंने कहा कि बार-बार चुनाव होने से सरकारी खजाने पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ पड़ता है और प्रशासनिक संसाधनों का भी व्यापक उपयोग होता है। इसके अलावा, बार-बार लागू होने वाली आदर्श आचार संहिता के कारण विकास परियोजनाओं और सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की रफ्तार प्रभावित होती है। विधानसभा अध्यक्ष ने जोर देकर कहा कि यदि देश में एक साथ चुनाव की व्यवस्था लागू करनी है तो इसके लिए सभी राजनीतिक दलों के बीच व्यापक सहमति बनाना आवश्यक होगा। साथ ही, ऐसी व्यवस्था को प्रभावी और टिकाऊ बनाने के लिए मजबूत संवैधानिक सुरक्षा उपाय और स्पष्ट कानूनी प्रावधान भी सुनिश्चित किए जाने चाहिए।
डीपीएल: 'नीलामी प्रक्रिया संतोषजनक', पुरानी दिल्ली-6 फ्रेंचाइजी के मालिक आकाश नांगिया का बयान
दिल्ली प्रीमियर लीग-2026 के लिए बुधवार को हुई नीलामी में पुरानी दिल्ली-6 फ्रेंचाइजी के मालिक आकाश नांगिया बेहद खुश नजर आए। उन्होंने कहा कि हमें लगभग वही मिला जो हम चाहते थे। दिल्ली प्रीमियर लीग 2026 की नीलामी पर पुरानी दिल्ली 6 फ्रेंचाइजी के मालिक और निदेशक आकाश नांगिया ने कहा है कि हमने कुछ बेहतरीन चुनाव किए हैं। हमारे साथ अनुज रावत हैं। इसके अलावा कई दूसरे खिलाड़ी भी हैं। रोहन राणा और दिग्वेश राठी भी हमारे साथ जुड़ गए हैं। पंकज जसवाल को भी साइन किया है। आईपीएल प्रतिभाओं के इतने मजबूत पूल के साथ, यह खिलाड़ियों के लिए अपनी काबिलियत दिखाने का एक शानदार प्लेटफॉर्म है। उन्होंने कहा, यह एक शानदार प्रक्रिया है। आप हमेशा यह अंदाजा नहीं लगा सकते कि चीजें कैसे सामने आएंगी। पजल में बहुत सारे मूविंग पीस होते हैं, इसलिए आप 100 प्रतिशत निश्चित नहीं हो सकते। हम खुश हैं कि हमें लगभग वही मिला जो हम चाहते थे। दिल्ली प्रीमियर लीग (डीपीएल) सीजन 3 के लिए खिलाड़ियों की नीलामी 1 जुलाई को दिल्ली में हुई। 8 पुरुष और 4 महिला फ्रेंचाइजियों ने अपनी टीम तैयार करने के लिए बोली लगाई। नीलामी में 400 से ज्यादा पुरुष और 200 से अधिक महिला खिलाड़ी शामिल थे। 65 पुरुष और 28 महिला खिलाड़ियों को नीलामी से पहले ही उनकी फ्रेंचाइजी ने रिटेन कर लिया था। उन्होंने कहा, यह एक शानदार प्रक्रिया है। आप हमेशा यह अंदाजा नहीं लगा सकते कि चीजें कैसे सामने आएंगी। पजल में बहुत सारे मूविंग पीस होते हैं, इसलिए आप 100 प्रतिशत निश्चित नहीं हो सकते। हम खुश हैं कि हमें लगभग वही मिला जो हम चाहते थे। Also Read: LIVE Cricket Score दिल्ली प्रीमियर लीग (डीपीएल) का तीसरा सीजन 31 जुलाई से 30 अगस्त के बीच खेला जाएगा। एक महीने तक चलने वाली इस प्रतियोगिता में पुरुषों की आठ टीमें और महिलाओं की चार टीमें हिस्सा लेंगी। पिछले सीजन में, नीतीश राणा की कप्तानी वाली वेस्ट दिल्ली लायंस ने अपना पहला डीपीएल खिताब जीता था। इस टीम ने फाइनल मैच में सेंट्रल दिल्ली किंग्स को 6 विकेट से मात दी थी। महिलाओं की प्रतियोगिता में श्वेता सहरावत की अगुवाई वाली साउथ दिल्ली सुपरस्टार्स ने फाइनल में सेंट्रल दिल्ली क्वींस को हराकर चैंपियनशिप जीती थी। Article Source: IANS
सलमान खान की याचिका पर सुनवाई करते हुए दिल्ली हाईकोर्ट ने फिल्म 'काला हिरण: द बैटल फॉर लेगेसी' की रिलीज पर अंतरिम रोक लगाने से फिलहाल इनकार कर दिया है। कोर्ट ने इस मामले की अगली सुनवाई 6 जुलाई तक के लिए टाल दी है। इस फैसले के बाद फिल्म के प्रोड्यूसर अमित जानी ने सोशल मीडिया पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि कोर्ट के लिए कोई स्टार या ग्लैमर मायने नहीं रखता। वहीं, सलमान खान ने याचिका में आरोप लगाया है कि यह फिल्म गैरकानूनी तरीके से उनकी पर्सनालिटी राइट्स का उल्लंघन करती है। प्रोड्यूसर अमित जानी ने सोशल मीडिया पर कसा तंजसुनवाई टलने के तुरंत बाद फिल्म के प्रोड्यूसर अमित जानी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी बात रखी। अमित जानी ने लिखा, सलमान खान को आज भी दिल्ली हाईकोर्ट से कोई राहत नहीं मिली है। फिल्म पर कोई बैन नहीं लगा है और केस की सुनवाई 6 जुलाई तक टल गई है। उन्होंने आगे लिखा कि कोर्ट के लिए न तो कोई स्टार होता है और न ही वे किसी ग्लैमर को मानते हैं। खुद को बॉलीवुड का गॉडफादर कहने से काला हिरण नहीं रुकेगा। यह फिल्म पूरी दुनिया में एक साथ 8000 सिनेमाघरों में रिलीज होगी। अगली सुनवाई तक सेंसर बोर्ड के पास नहीं जाएगी फिल्मबुधवार को हुई सुनवाई के दौरान जस्टिस ज्योति सिंह की कोर्ट में प्रोड्यूसर के वकील ने बताया कि 'काला हिरण' फिल्म को अभी तक सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (CBFC) यानी सेंसर बोर्ड के पास सर्टिफिकेशन के लिए नहीं भेजा गया है। कोर्ट के पूछने पर वकील ने साफ किया कि फिल्म अभी रिलीज के लिए तैयार नहीं है। उन्होंने कोर्ट को भरोसा दिलाया कि सेंसर बोर्ड के सर्टिफिकेट के बिना कोई फिल्म रिलीज नहीं हो सकती और अगली सुनवाई से पहले वे फिल्म को सेंसर बोर्ड के पास नहीं भेजेंगे। प्रोड्यूसर का जवाब रिकॉर्ड पर न होने के कारण कोर्ट ने मामले को आगे बढ़ा दिया। सलमान खान ने क्यों खटखटाया कोर्ट का दरवाजासलमान खान ने दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दायर कर इस फिल्म की रिलीज रोकने की मांग की है। उनका आरोप है कि फिल्म मेकर्स गलत तरीके से उनकी पहचान और नाम का इस्तेमाल कर रहे हैं। याचिका के मुताबिक, फिल्म के प्रमोशनल मैटेरियल और प्रोमो में सलमान के लुक जैसे दिखने वाले एक शख्स (लुकअलाइक) को दिखाया गया है। इस शख्स ने सलमान खान जैसा ही सिग्नेचर ब्लू ब्रेसलेट पहना हुआ है, जो लंबे समय से उनकी खास पहचान रहा है। काले हिरण केस और लॉरेंस विवाद का कनेक्शनएक्टर ने अपनी याचिका में यह भी कहा है कि फिल्म में साल 1998 के काले हिरण शिकार मामले (ब्लैकबक पोचिंग केस) से जुड़ी घटनाओं को गलत तरीके से पेश किया जा रहा है। इसके साथ ही गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई और उनके बीच के कथित विवाद को भी फिल्म में गलत ढंग से दिखाने का दावा किया गया है। सलमान का कहना है कि इससे उनकी छवि खराब करने की कोशिश की जा रही है। अब इस पूरे मामले पर 6 जुलाई को दोबारा सुनवाई होगी।
गर्मियों की लंबी छुट्टियों के बाद बुधवार को दिल्ली के सरकारी स्कूलों में एक बार फिर चहल-पहल लौट आई। नए शैक्षणिक सत्र के पहले दिन स्कूल परिसर बच्चों की हंसी, उत्साह और नई उम्मीदों से गुलजार नजर आए। राजधानी के जीबी पंत एसबीवी श्रीनिवासपुरी, एएसएमएस एसकेवी महिपालपुर समेत विभिन्न सरकारी स्कूलों में शिक्षकों और स्कूल प्रमुखों ने सुबह से ही मुख्य द्वार पर खड़े होकर विद्यार्थियों का गर्मजोशी से स्वागत किया। बच्चों के स्कूल पहुंचते ही तालियां बजाकर उनका अभिनंदन किया गया, जिससे उनके चेहरे खुशी से खिल उठे। पहले दिन का माहौल किसी औपचारिक शुरुआत से अधिक एक उत्सव जैसा दिखाई दिया। शिक्षकों ने विद्यार्थियों से बातचीत कर छुट्टियों के अनुभव साझा किए और उन्हें पूरे उत्साह के साथ पढ़ाई की नई शुरुआत के लिए प्रेरित किया। स्कूल प्रबंधन का कहना है कि इस तरह का स्वागत बच्चों में अपनापन, आत्मविश्वास और सकारात्मक सोच विकसित करता है, जिससे वे नए सत्र में बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित होते हैं। सपनों को नई उड़ान देने की तैयारी स्कूल खुलने के साथ ही शिक्षा निदेशालय और शिक्षकों ने विद्यार्थियों से पूरे समर्पण, अनुशासन और सीखने की ललक के साथ नए शैक्षणिक वर्ष की शुरुआत करने का आह्वान किया। सोशल मीडिया पर भी सरकारी स्कूलों के स्वागत कार्यक्रम की तस्वीरें और वीडियो साझा किए गए। शिक्षकों और अभिभावकों ने विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य और सफल शैक्षणिक सत्र की शुभकामनाएं दीं। स्कूलों में पहले दिन बच्चों की अच्छी उपस्थिति भी देखने को मिली, जिससे पूरे परिसर में उत्साह का माहौल बना रहा। छुट्टियों के बाद हर बच्चा आत्मीय स्वागत का हकदार स्कूल प्रिंसिपलों ने कहा, गर्मियों की छुट्टियों के बाद हर बच्चा आत्मीय स्वागत का हकदार है। मुख्य द्वार पर तालियां बजाकर स्वागत करना केवल परंपरा नहीं, बल्कि यह संदेश है कि हम हर विद्यार्थी के साथ सीखने, आगे बढ़ने और उसके सपनों को साकार करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। बच्चों के चेहरे पर मुस्कान और सीखने का उत्साह ही हमारी सबसे बड़ी उपलब्धि है।
दिल्ली सरकार ने सर्दियों में बढ़ने वाले वायु प्रदूषण से निपटने के लिए व्यापक और स्थायी ‘विंटर पॉल्यूशन मास्टर प्लान’ अधिसूचित कर दिया है। पर्यावरण एवं वन विभाग की ओर से जारी अधिसूचना के तहत हर वर्ष 1 नवंबर से 28 फरवरी तक विशेष प्रदूषण नियंत्रण उपाय लागू रहेंगे। सरकार का कहना है कि अब हर साल अलग-अलग आदेश जारी करने की जरूरत नहीं होगी और सभी विभाग तय नियमों के अनुसार पहले से तैयारी कर सकेंगे। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि नई व्यवस्था में विभिन्न आदेशों और निर्देशों को एकीकृत कर स्पष्ट, सरल और सख्त नियम बनाए गए हैं। इसका उद्देश्य वाहनों से होने वाले प्रदूषण, धूल, खुले में कचरा जलाने और अन्य प्रदूषणकारी गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना है। नवंबर से फरवरी के बीच होती है वायु गुणवत्ता प्रभावित मुख्यमंत्री के अनुसार, पिछले कई वर्षों के आंकड़ों से स्पष्ट है कि नवंबर से फरवरी के बीच दिल्ली की वायु गुणवत्ता सबसे अधिक प्रभावित होती है। वर्ष 2023-24, 2024-25 और 2025-26 के विश्लेषण में इस अवधि के दौरान औसत एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 312 से 342 के बीच रहा, जबकि अधिकतम AQI 461 से 494 तक दर्ज किया गया। इन्हीं आंकड़ों के आधार पर सर्दियों के लिए विशेष नियंत्रण उपायों को स्थायी स्वरूप दिया गया है। सरकार ने बताया कि अधिसूचना में राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) के संशोधित ग्रैप (GRAP) प्रावधानों और सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों को भी शामिल किया गया है, ताकि सभी एजेंसियां एक समान नियमों के तहत समयबद्ध कार्रवाई कर सकें। बिना PUC वाले वाहनों को नहीं मिलेगा डीजल-पेट्रोल नई नीति के तहत वाहनों पर भी सख्ती बढ़ाई गई है। बिना वैध प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र (PUC) वाले किसी भी वाहन को पूरे वर्ष दिल्ली के पेट्रोल पंपों पर ईंधन नहीं मिलेगा। वहीं, सर्दियों के दौरान धूल प्रदूषण रोकने के लिए निर्माण एवं तोड़फोड़ गतिविधियों पर भी निर्धारित अवधि में प्रतिबंध लागू रहेगा। आवश्यकता पड़ने पर सरकारी और निजी कार्यालयों में 50 प्रतिशत कर्मचारियों के लिए वर्क फ्रॉम होम लागू किया जा सकेगा, जबकि निजी वाहनों के उपयोग को हतोत्साहित करने के लिए पार्किंग शुल्क दोगुना करने का भी प्रावधान रखा गया है।
नई दिल्ली। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बुधवार को दिल्ली सचिवालय में ‘वन नेशन- वन इलेक्शन’ से जुड़े दो संशोधन विधेयकों के अध्ययन के लिए आए संसद की संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) के प्रतिनिधि मंडल का स्वागत किया। समिति संविधान (129वां संशोधन) विधेयक, 2024 और केंद्र शासित प्रदेश कानून (संशोधन) विधेयक, 2024 के विभिन्न प्रावधानों पर राज्यों और अन्य हितधारकों से सुझाव लेने के लिए दिल्ली दौरे पर है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था को अधिक प्रभावी, सुशासित और प्रशासनिक रूप से सक्षम बनाने के उद्देश्य से राज्यों के सुझाव लेने की यह पहल स्वागतयोग्य है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि दिल्ली सरकार इस विषय पर गंभीरता और सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ विस्तृत अध्ययन कर समिति को अपने लिखित सुझाव सौंपेगी। समिति के अध्यक्ष एवं सांसद पी.पी. चौधरी के नेतृत्व में आए प्रतिनिधि मंडल में केंद्रीय मंत्री पुरुषोत्तम रूपाला, सांसद विष्णु दयाल राम, भर्तृहरि महताब, डॉ. संबित पात्रा सहित अन्य सदस्य शामिल थे। संवैधानिक और प्रशासनिक पहलुओं पर चर्चा बैठक में संविधान संशोधन से जुड़े विधिक, संवैधानिक और प्रशासनिक पहलुओं पर विस्तार से चर्चा हुई। इसमें लोकसभा और विधानसभा चुनावों के समन्वय, चुनावी चक्र के एकीकरण, दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र सरकार अधिनियम पर संभावित प्रभाव तथा प्रशासनिक तैयारियों जैसे विषय प्रमुख रहे। बैठक के दौरान मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि पूरे देश में एक साथ चुनाव कराना समय की आवश्यकता है। उनके अनुसार इससे समय, संसाधनों और सरकारी खर्च में उल्लेखनीय बचत होगी। उन्होंने कहा कि बार-बार होने वाले चुनावों के कारण प्रशासनिक मशीनरी लंबे समय तक चुनावी प्रक्रिया में व्यस्त रहती है, जबकि आचार संहिता लागू होने से विकास परियोजनाओं की गति भी प्रभावित होती है। दिल्ली सरकार प्रस्तुत करेगी अपने सुझाव : रेखा गुप्ता मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली जैसे छोटे राज्य में चुनाव के दौरान बड़ी संख्या में सरकारी कर्मचारियों की ड्यूटी लगने से शिक्षा सहित कई सार्वजनिक सेवाओं पर असर पड़ता है। उन्होंने यह भी कहा कि दिल्ली देश का ऐसा महानगर है, जहां लगभग सभी राज्यों के नागरिक रहते हैं। ऐसे में यहां के चुनावी व्यवहार और मतदान संबंधी अनुभव राष्ट्रीय स्तर पर महत्वपूर्ण संदर्भ प्रदान कर सकते हैं। रेखा गुप्ता ने समिति को आश्वस्त किया कि मांगे गए सभी विषयों पर विस्तृत अध्ययन के बाद दिल्ली सरकार अपने औपचारिक सुझाव प्रस्तुत करेगी, ताकि अंतिम अनुशंसाओं में दिल्ली की संवैधानिक और प्रशासनिक परिस्थितियों का समुचित ध्यान रखा जा सके।
दिल्ली सरकार ने राजधानी में स्वच्छ, आधुनिक और प्रदूषण-मुक्त परिवहन को बढ़ावा देने के लिए दिल्ली इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) नीति-2026 अधिसूचित कर दी है। यह नीति 1 जुलाई 2026 से लागू होकर 31 मार्च 2030 तक प्रभावी रहेगी। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि इसका उद्देश्य इलेक्ट्रिक वाहनों को तेजी से अपनाने, वायु गुणवत्ता में सुधार, पारंपरिक ईंधन पर निर्भरता कम करने और मजबूत ईवी ईको-सिस्टम विकसित करने का है। चार्जिंग नेटवर्क, बैटरी स्वैपिंग और बैटरी रीसाइक्लिंग मुख्यमंत्री ने बताया कि नई नीति केवल इलेक्ट्रिक वाहन खरीद तक सीमित नहीं है, बल्कि चार्जिंग नेटवर्क, बैटरी स्वैपिंग, बैटरी रीसाइक्लिंग, ऊर्जा प्रबंधन और डिजिटल सेवा प्रणाली को एकीकृत कर दीर्घकालिक हरित परिवहन व्यवस्था तैयार करने का रोडमैप भी प्रस्तुत करती है। नीति में वित्तीय प्रोत्साहन, डिजिटल पारदर्शिता और संस्थागत निगरानी को भी प्रमुखता दी गई है। नीति में वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) की रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा गया है कि दिल्ली में विशेषकर सर्दियों के दौरान लगभग 23 प्रतिशत वायु प्रदूषण वाहनों से होने वाले उत्सर्जन के कारण होता है। दिल्ली में दोपहिया वाहनों के विद्युतीकरण पर विशेष जोर रिपोर्ट के अनुसार, राजधानी के कुल वाहनों में करीब 67 प्रतिशत दोपहिया वाहन हैं, इसलिए इनके तेजी से विद्युतीकरण पर विशेष जोर दिया गया है। इसके अलावा तिपहिया, वाणिज्यिक कारों और एन-1 श्रेणी के मालवाहक वाहनों को भी प्राथमिकता के आधार पर ईवी में बदलने की योजना है। नीति के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए परिवहन विभाग को नोडल एजेंसी बनाया गया है। विभाग के तहत एक समर्पित ईवी सेल स्थापित किया जाएगा, जो नीति के संचालन, दिशा-निर्देश जारी करने और विभिन्न विभागों के बीच समन्वय का कार्य करेगा। इसके लिए एक प्रोजेक्ट मैनेजमेंट कंसल्टेंट (पीएमसी) भी नियुक्त किया जाएगा।
दिल्ली पुलिस ने स्पा की आड़ में चल रहे सेक्स रैकेट का किया भंडाफोड़, सरगना गिरफ्तार
दिल्ली के पहाड़गंज इलाके में एक स्पा की आड़ में चल रहे कथित वेश्यावृत्ति रैकेट का सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट पुलिस ने बुधवार को भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने एक 'डिकॉय ऑपरेशन' के दौरान स्पा के मालिक-सह-मैनेजर को गिरफ्तार किया और चार महिलाओं को बचाया।
राघव चड्ढा को दिल्ली हाईकोर्ट से आंशिक राहत, पांच आपत्तिजनक पोस्ट हटाने का दिया आदेश
दिल्ली हाई कोर्ट ने बुधवार को राज्यसभा सदस्य राघव चड्ढा को आंशिक राहत देते हुए उनके खिलाफ सोशल मीडिया पर पोस्ट की गई पांच प्रथमदृष्टया मानहानिकारक पोस्ट हटाने का आदेश दिया।
पंजाब में सब्सिडी वाले यूरिया के कथित दुरुपयोग के मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है। मुख्यमंत्री भगवंत मान के निर्देश पर खन्ना के एसएसपी डॉ. दर्पण आहलूवालिया ने एफआईआर दर्ज करवाई है। इसमें खन्ना कैटल फीड प्लांट के जनरल मैनेजर सुरजीत सिंह भदौड़ सहित अन्य अधिकारियों और यूरिया आपूर्ति करने वाली गिद्दड़बाहा व नई दिल्ली की कंपनियों के मालिकों को नामजद किया गया है। यह एफआईआर खन्ना के सिटी थाना-2 में कृषि विकास अधिकारी गुरप्रीत कौर के बयान के आधार पर दर्ज की गई है। एसएसपी डॉ. दर्पण आहलूवालिया के निर्देश पर दर्ज इस एफआईआर में खन्ना कैटल फीड प्लांट के जनरल मैनेजर सुरजीत सिंह भदौड़ समेत अन्य अधिकारियों को नामजद किया गया है। इसके अतिरिक्त, गिद्दड़बाहा की एक कंपनी के मालिक और नई दिल्ली की मैसर्स मनीषा ट्रेडिंग कंपनी से जुड़े लोग भी मामले में शामिल हैं। पुलिस ने जांच तेज कर दी है, और इसमें अन्य अधिकारियों व संबंधित पक्षों को भी नामजद किए जाने की संभावना है। टेक्निकल ग्रेड यूरिया की जगह नीम-कोटेड यूरिया का किया इस्तेमाल प्रारंभिक जांच से पता चला है कि औद्योगिक उपयोग के लिए आवश्यक टेक्निकल ग्रेड यूरिया के बजाय कृषि उपयोग हेतु सब्सिडी पर मिलने वाले नीम-कोटेड यूरिया का इस्तेमाल किया गया। आरोप है कि सब्सिडी वाले इस यूरिया को औद्योगिक उद्देश्यों के लिए उपयोग कर सरकारी सब्सिडी का अनुचित लाभ उठाया गया। इससे सरकारी खजाने को करोड़ों रुपये का नुकसान होने की आशंका है। कृषि विभाग की टीम ने छापामारी कर लिए थे नमूने कृषि विभाग की टीम ने खन्ना कैटल फीड प्लांट में छापा मारकर यूरिया के नमूने लिए थे। जांच में सामने आया कि टेक्निकल ग्रेड यूरिया के बैगों में कृषि उपयोग के लिए सब्सिडी वाला नीम-कोटेड यूरिया भरा गया था। इस मामले में पहले ही खन्ना कैटल फीड प्लांट के जनरल मैनेजर, मैनेजर (एएच), क्वालिटी इंचार्ज, डिप्टी मैनेजर (खरीद एवं स्टोर) और वरिष्ठ सहायक (खरीद प्रभारी) समेत कई अधिकारियों को चार्जशीट किया जा चुका है।
दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर बस की ट्रेलर से टक्कर, 8 लोगों की मौत
दौसा। राजस्थान में दौसा जिले के कोलवा थाना क्षेत्र में मंगलवार देर रात एक यात्री बस के ट्रेलर से टकराने के बाद आग लग जाने से आठ यात्रियों को मौत हो गई, जबकि 24 लोग घायल हो गए। पुलिस के अनुसार ऋषिकेश से इंदौर जा रही निजी यात्री बस दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर देर रात आगे […] The post दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर बस की ट्रेलर से टक्कर, 8 लोगों की मौत appeared first on Sabguru News .
राजस्थान के दौसा में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर ट्रेलर से टकराकर बस खाई में गिर गई और उसमें आग लग गई। हादसे में 8 यात्रियों की मौत और 22 से अधिक लोग घायल हुए। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
गोरखपुर एयरपोर्ट पर सोमवार को खराब वेदर का असर फ्लाइट ऑपरेशन पर साफ देखने को मिला। मौसम खराब होने की वजह से दिल्ली, मुंबई, कोलकाता और बेंगलुरु रूट की कई फ्लाइट्स अपने तय शेड्यूल से काफी देर से ऑपरेट हुईं। इसका सीधा असर पैसेंजर्स पर पड़ा और उन्हें एयरपोर्ट पर घंटों इंतजार करना पड़ा। कई यात्रियों की आगे की ट्रैवल प्लानिंग भी प्रभावित हुई। अराइवल फ्लाइट्स भी लेट पहुंचीं इंडिगो की मुंबई से गोरखपुर आने वाली फ्लाइट दोपहर 3:20 बजे की जगह शाम 4:55 बजे लैंड हुई। कोलकाता से आने वाली फ्लाइट 3:30 बजे के बजाय 4:17 बजे पहुंची, जबकि दिल्ली से आने वाली इंडिगो फ्लाइट 4:10 बजे की जगह शाम 5:29 बजे एयरपोर्ट पहुंची। वहीं स्पाइसजेट की मुंबई फ्लाइट भी अपने तय समय 6:15 बजे के बजाय 7:50 बजे लैंड हुई। लेट अराइवल का असर डिपार्चर फ्लाइट्स पर भी पड़ा अराइवल फ्लाइट्स लेट होने की वजह से गोरखपुर से रवाना होने वाली कई फ्लाइट्स का डिपार्चर भी देरी से हुआ। इंडिगो की कोलकाता फ्लाइट 3:50 बजे की बजाय 4:57 बजे टेकऑफ कर सकी। मुंबई जाने वाली फ्लाइट 4 बजे के बजाय 5:52 बजे रवाना हुई। दिल्ली जाने वाली फ्लाइट 4:40 बजे की जगह 6:43 बजे उड़ी। स्पाइसजेट की मुंबई फ्लाइट 6:50 बजे के बजाय रात 8:52 बजे रवाना हुई, जबकि अकासा एयर की बेंगलुरु फ्लाइट भी 7:30 बजे की जगह 8:29 बजे टेकऑफ कर सकी। एयरपोर्ट पर पैसेंजर्स रहे परेशान लगातार लेट होती फ्लाइट्स की वजह से एयरपोर्ट टर्मिनल पर पैसेंजर्स की भीड़ बढ़ गई। कई लोगों को घंटों वेट करना पड़ा, जबकि कुछ यात्रियों की कनेक्टिंग फ्लाइट और पहले से तय मीटिंग व अन्य जरूरी शेड्यूल भी प्रभावित हुए। एयरपोर्ट अथॉरिटी के अनुसार मौसम सामान्य होने के बाद फ्लाइट ऑपरेशन धीरे-धीरे नॉर्मल हो गया। यात्रियों को सलाह दी गई है कि मानसून सीजन के दौरान एयरपोर्ट पहुंचने से पहले अपनी फ्लाइट का लेटेस्ट स्टेटस जरूर चेक कर लें, ताकि किसी भी तरह की असुविधा से बचा जा सके।
रेवाड़ी में रिश्त के बात चलने पर बेटी ने पिता के सामने अपने प्यार का इजहार कर दिया। पिता ने प्रेमी के साथ इंटर कास्ट शादी करने से इंकार किया। मान-मनोवल हुई और बेटी मान गई। सोमवार को नेट का पेपर देने पिता के साथ दिल्ली गई। देर शाम दोनों घर लौटे और सुबह अपना सामान और डाक्यूमेंट लेकर अचानक घर से गायब हो गई। तलाश करने पर भी जब बेटी का सुराग नहीं मिला तो प्रेम प्रसंग की कहानी याद आई। जिसके बाद पिता ने मॉडल टाउन थाना पहुंचकर बेटी की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवा दी। इंटरशिप करते समय हुआ प्यार मॉडल टाउन थाना क्षेत्र निवासी पिता ने पुलिस को शिकायत दी। जिसमें बताया कि उसकी बेटी एमए पास है। गुरुग्राम की यूनिवर्सिटी से साइक्लॉजी का कोर्स किया। दिल्ली में इंटरशिप के दौरान जनकपुरी दिल्ली निवासी मधुर के संपर्क में आईं। हमें आशंका है कि मधुर उसके बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया। पिता ने पुलिस से बेटी को तलाश करने की गुहार लगाई है। रिश्ते की बात चलने पर पता चला पिता ने बताया कि बेटी ने कभी हमें इसका अहसास ही नहीं होने दिया। जब हमने रिश्ते करने के बारे में बात कि तो पहली बार उसने प्यार की बात बताई। बेटी ने बताया कि दिल्ली में इंटरशिप के दौरान हमारी दोनों की मुलाकात हुई थी। तब से मैं और मधुर एक दूसरे से प्यार करते हैं। पूरी बात सुनने के बाद पता चला कि लड़का दूसरी कास्ट का है। हमने इंटर कास्ट मैरिज अपनी आपत्ति जताई और हमारे कहने पर वह मान भी गई। इसके बाद सबकुछ सही चल रहा था। सोमवार देर शाम ही दिल्ली से पेपर देकर अपने साथ घर आई थी। मंगलवार को अचानक गायब हो गई। जांच करने पर उसका सामान और डाक्यूमेंट भी नहीं मिले। जिसके बाद पिछली कहानी हमारी दिमाग में घूमने लगी। पिता बोले- सुरक्षा की चिंता पिता ने कहा कि अब हमें बेटी की सुरक्षा की चिंता सता रही है। हम चाहते हैं कि वह सही सलामत घर लौट आए, यदि वह मधुर के साथ शादी करने का मन बना चुकी है तो हमें अब इस पर भी कोई एतराज नहीं है। माता-पिता के लिए बच्चों की सुरक्षा से बड़ी कोई चीज नहीं होती।
फरीदाबाद जिले के बल्लभगढ़ क्षेत्र में देर रात एक युवक पर जानलेवा हमला किए जाने का मामला सामने आया है। राजीव कॉलोनी में अपने घर की छत पर सो रहे युवक को अज्ञात हमलावर ने गोली मार दी। गोली सिर में लगने से युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां से हालत गंभीर होने पर दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल रेफर कर दिया गया। जानकारी के अनुसार घायल युवक की पहचान विपिन के रूप में हुई है, जो राजीव कॉलोनी में अपने परिवार के साथ रहता है। घटना के समय वह घर की छत पर सो रहा था। इसी दौरान किसी अज्ञात व्यक्ति ने उस पर फायरिंग कर दी। सफदरजंग अस्पताल भर्ती गोली चलने की आवाज सुनकर परिजन और आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। युवक खून से लथपथ पड़ा मिला, जिसके बाद उसे तत्काल बल्लभगढ़ के बादशाह खान सिविल अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल भेज दिया। मामले की जांच में जुटी पुलिस वारदात की सूचना मिलते ही सेक्टर 58 थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाल रही है, ताकि हमलावर तक पहुंचा जा सके। फिलहाल हमले के पीछे की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है। पुलिस सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है। वहीं, घायल युवक का इलाज सफदरजंग अस्पताल में जारी है, जहां उसकी हालत चिंताजनक बनी हुई है।
बागपत शहर कोतवाली क्षेत्र में दिल्ली-सहारनपुर हाईवे किनारे स्थित एक सीएनजी पंप पर दो पक्षों के बीच मारपीट का मामला सामने आया है। यह घटना मंगलवार देर शाम हुई और सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, दोनों पक्ष पंप से कुछ दूरी पर शराब पार्टी कर रहे थे। इसी दौरान किसी बात को लेकर कहासुनी हुई, जो जल्द ही मारपीट में बदल गई। दोनों पक्ष एक-दूसरे पर हमला करते हुए सीएनजी पंप तक पहुंच गए। पंप कर्मचारियों ने बीच-बचाव करने का प्रयास किया, लेकिन इस दौरान उनके साथ भी अभद्रता की गई। दर्जनों लोग एक-दूसरे को पीटते और हमला करते हुए नजर आए, जिससे पंप पर अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक दोनों पक्ष वहां से फरार हो चुके थे। कस्बा चौकी प्रभारी शिव कुमार ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज के आधार पर मारपीट करने वाले लोगों की पहचान की जा रही है। नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
भिवानी के अलग-अलग गांवों से 2 महिलाएं लापता होने का मामला सामने आया है। जब परिवार को इसकी जानकारी मिली तो उन्होंने अपने स्तर पर तलाश किया, लेकिन इसके बावजूद भी कहीं पर नहीं मिली। जिसके बाद मामले की शिकायत पुलिस को दे दी। भिवानी के एक गांव निवासी व्यक्ति ने सदर थाना में शिकायत दी। शिकायत में बताया कि वह खेतीबाड़ी करता है। उसकी शादी करीब 2 साल पहले दिल्ली निवासी लड़की के साथ हुई थी। उसके पास एक बेटी भी है। 30 जून को उसकी पत्नी अचानक लापता हो गई। जो उनकी बेटी को भी साथ ले गई। इसके बाद अपने स्तर पर तलाश किया, लेकिन कहीं पर कोई सुराग लगा। इसके बाद मामले की शिकायत पुलिस को दे दी। पुलिस ने केस दर्ज करके जांच शुरू कर दी। घर से लापता हुई महिलाभिवानी के एक गांव निवासी व्यक्ति ने बहल पुलिस थाने में शिकायत दी। शिकायत में बताया कि वह मेहनत मजदूरी करता है। उसकी करीब 23 वर्षीय पत्नी घर से बिना बताए कहीं चली गई। जो उत्तर प्रदेश की रहने वाली है। जब उसे पत्नी लापता होने का पता चला तो तलाश आरंभ कर दी। आस पड़ोस व रिश्तेदारयों में पता किया, लेकिन कहीं पर कोई सुराग नहीं लगा। इसके बाद मामले की शिकायत पुलिस को दे दी। पुलिस ने शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर लिया है। वहीं मामले की जांच की जा रही है।
निहंग जसदीप सिंह की आपत्तिजनक फोटो लीक होने का मामला तूल पकड़ गया है। इस मामले में सिख प्रचारक बरजिंदर सिंह परवाना और निहंग विक्की थॉमस सिंह आमने-सामने आ गए हैं। परवाना ने कहा कि विक्की सिंह थॉमस ने निहंगों को बदनाम किया है। वह जहां भी मिलेगा, वहीं जवाब दिया जाएगा। उन्होंने विक्की पर किन्नर से शादी करके उसे छोड़ने और शराब की बोतल रखकर केक काटने का आरोप लगाया। इस पर अब विक्की ने पलटवार किया है। विक्की ने कहा कि उनके खिलाफ लगाए गए आरोपों को साबित किया जाए। उन्होंने दावा किया कि यदि कोई यह साबित कर दे कि वायरल तस्वीरें एआई से बनाई गई हैं या उनके ऊपर लगाए गए अन्य आरोप सही हैं, तो वह उसकी जिम्मेदारी स्वीकार करने के लिए तैयार हैं। विक्की ने कहा कि सोशल मीडिया पर उनके पुराने फोटो और पिता की क्रॉप की गई तस्वीरें साझा कर उन्हें बदनाम करने की कोशिश की जा रही है। वर सभी धर्मों का सम्मान करते हैं। उन्होंने परवाना को चुनौती दी कि अगर दम है तो वह उनसे दिल्ली में मिले। विक्की ने कहा- दिल्ली आ, केवल मैं और तू मिलते हैं। तुझे नंगा करके मारूंगा। ये विवाद बीते रविवार को शुरू हुआ।विक्की सिंह थॉमस ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी किया था, जिसमें उत्तराखंड से निहंगों और पुलिस के बीच का मसला सुलझाकर लौटे निहंग जसदीप सिंह की आपत्तिजनक तस्वीरों को दिखाया गया था। ये फोटो सोशल मीडिया पर वायरल होने पर सोमवार को जसदीप सिंह ने माफी भी मांगी। ये है वह फोटो, जिसको लेकर विवाद हो रहा:- अब विस्तार से पढ़िए विक्की थॉमस ने क्या कहा… विक्की थॉमस और जसदीप सिंह के बीच का विवाद संक्षेप में…विक्की थॉमस और निहंग जसदीप सिंह के बीच विवाद धार्मिक अमर्यादा और आपत्तिजनक तस्वीरों को सोशल मीडिया पर लीक करने के बाद शुरू हुआ। यह मामला तब गरमाया जब बीते रविवार को जसदीप सिंह उत्तराखंड में चल रहे विवाद को सुलझाकर पंजाब लौटे। निहंग विक्की थॉमस सिंह ने सोशल मीडिया पर करीब 11 मिनट का एक वीडियो और कुछ बेहद आपत्तिजनक तस्वीरें शेयर कीं। उनका दावा है कि इन तस्वीरों में जसदीप सिंह एक अन्य निहंग युवक के साथ समलैंगिक स्थिति में हैं। विक्की थॉमस ने एक वीडियो कॉल की रिकॉर्डिंग भी जारी की, जिसमें उन्होंने दावा किया कि जसदीप सिंह ने अपनी इस गलती को स्वीकार किया है और कहा कि उस वक्त वह नशे की हालत में थे। विक्की थॉमस ने जसदीप पर सिखी बाने की आड़ में गलत काम करने का आरोप लगाया और उनसे माफी मांगते हुए गुरु महाराज के 5 ककार त्यागने को कहा। इसके बाद जसदीप सिंह ने सोशल मीडिया पर संगत से माफी मांगते हुए कहा कि वह जल्द ही श्री अकाल तख्त साहिब और पंज प्यारों के सामने पेश होकर अपना पक्ष रखेंगे और जो भी सजा मिलेगी उसे स्वीकार करेंगे। ---------- ये खबर भी पढ़ें… निहंग की आपत्तिजनक फोटो लीक पर भड़का सिख प्रचारक, परवाना बोला- विक्की थॉमस ने किन्नर से शादी कर छोड़ा, शराब रख केक काटा निहंग जसदीप सिंह की आपत्तिजनक फोटो सोशल मीडिया पर वायरल करने पर सिख प्रचारक बरजिंदर सिंह परवाना ने कड़ी आपत्ति जताई है। उन्होंने कहा है कि विक्की सिंह थॉमस ने निहंगों को बदनाम किया है। एक निहंग के अतीत के फोटो रिलीज कर तुमने बहुत गंदी हरकत की है। (पढ़ें पूरी खबर)
राजस्थान के दौसा जिले में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर बुधवार सुबह 3 बजे बस और ट्रक की भिड़ंत हो गई। हादसे के बाद दोनों वाहनों में आग लग गई। एक्सीडेंट में अब तक 7 लोगों की मौत हुई है। वहीं, 22 लोग घायल हैं। दौसा एसपी पीयूष दीक्षित ने बताया कि एक्सीडेंट कोलवा थाना क्षेत्र में हुआ है। घायलों को दौसा जिला हॉस्पिटल में एडमिट कराया गया है। खबर अपडेट की जा रही है....
भास्कर अपडेट्स:दिल्ली में इजराइली दूतावास का कर्मचारी लिफ्ट में फंसा, पुलिस ने सुरक्षित बाहर निकाला
दिल्ली के वसंत विहार स्थित एक बिल्डिंग में मंगलवार दोपहर इजराइली दूतावास का कर्मचारी लिफ्ट में फंस गया। सूचना मिलते ही दिल्ली पुलिस और दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस के मुताबिक, दोपहर करीब 12:20 बजे घटना की सूचना मिली थी। दमकल विभाग ने तीन गाड़ियां मौके पर भेजीं। हालांकि, उनके पहुंचने से पहले ही दिल्ली पुलिस ने लिफ्ट में फंसे कर्मचारी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। शुरुआती जांच में सामने आया है कि तकनीकी खराबी के कारण लिफ्ट बीच में रुक गई थी, जिससे कर्मचारी कुछ देर तक अंदर फंसा रहा। घटना में उसे कोई चोट नहीं आई और मेडिकल सहायता की जरूरत भी नहीं पड़ी। आज की अन्य बड़ी खबरें… मराठी थिएटर की दिग्गज निर्देशक विजय मेहता का निधन, 92 साल की उम्र में अंतिम सांस ली मराठी थिएटर को नई पहचान देने वाली सीनियर डायरेक्टर, अभिनेत्री और रंगकर्मी विजय मेहता का मंगलवार रात निधन हो गया। वह 92 साल की थीं। उम्र संबंधी बीमारियों के कारण उन्होंने दक्षिण मुंबई स्थित अपने घर पर अंतिम सांस ली। एक्टर विजय केंकरे ने उनके निधन की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि विजय मेहता का निधन रात करीब 9:30 से 10 बजे के बीच हुआ। केंकरे ने उन्हें अपना गुरु बताते हुए कहा कि यह उनके लिए व्यक्तिगत क्षति है। विजय मेहता ने नाटककार विजय तेंदुलकर, अभिनेता डॉ. श्रीराम लागू और रंगकर्मी अरविंद देशपांडे के साथ मिलकर चर्चित थिएटर ग्रुप 'रंगायन' की स्थापना की थी। मराठी थिएटर में उनके योगदान को मील का पत्थर माना जाता है। उन्होंने 'एक शून्य बाजीराव', 'बैरिस्टर', 'हमीदाबाईची कोठी', 'पुरुष', 'महासागर' और 'शकुंतल' जैसे चर्चित नाटकों का निर्देशन किया। विजय मेहता ने हिंदी की समानांतर सिनेमा की चर्चित फिल्म 'राव साहेब' (1986) और 'पेस्टनजी' (1988) का निर्देशन किया। एक्टर के तौर पर वह 1984 में गोविंद निहलानी की फिल्म 'पार्टी' में भी नजर आई थीं। कलकत्ता हाईकोर्ट बोला- पति की उम्र ज्यादा होने पर भी महिला को IVF से नहीं रोका जा सकता; 49 साल की महिला को इलाज देने का आदेश कलकत्ता हाईकोर्ट ने कहा कि अगर कोई महिला उम्र और स्वास्थ्य के लिहाज से IVF करा सकती है, तो सिर्फ पति की उम्र ज्यादा होने की वजह से उसे इलाज से मना नहीं किया जा सकता। कोर्ट ने 49 साल की महिला को IVF की सुविधा देने का आदेश दिया है। मामला एक ऐसे दंपती का है, जो 2014 से संतान के लिए प्रयास कर रहा है। अस्पताल ने IVF करने से इनकार कर दिया था, क्योंकि पति की उम्र 57 साल है। जबकि ART कानून के तहत पुरुषों के लिए अधिकतम उम्र 55 साल तय है। महिला की उम्र 49 साल है। कोर्ट ने कहा कि IVF में महिला ही गर्भ धारण करती है और बच्चे को जन्म देती है। इसलिए सिर्फ पति की उम्र के आधार पर महिला को इलाज से नहीं रोका जा सकता। अदालत ने यह भी कहा कि कानून का मकसद तकनीक के गलत इस्तेमाल को रोकना है, इलाज की जरूरत वाली महिला को उससे दूर रखना नहीं। इसके बाद कोर्ट ने अस्पताल को दंपती का IVF इलाज करने का निर्देश दिया।
छतरपुर जिले की हरपालपुर थाना पुलिस ने 42 साल पुराने चोरी के मामले में फरार चल रहे एक स्थायी वारंटी को गिरफ्तार किया है। आरोपी लक्ष्मण धोबी (65) लंबे समय से दिल्ली में अपने बेटों के साथ रह रहा था। हरपालपुर लौटते ही पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। थाना प्रभारी राजेश सिकरवार ने बताया कि मामला वर्ष 1984 का है। उस समय हरपालपुर के तलैया रोड निवासी नारायण किशोर खरे के घर चोरी हुई थी। इस मामले में हरपालपुर थाने में अपराध क्रमांक 77/1984 के तहत धारा 457 और 380 में प्रकरण दर्ज किया गया था। घटना के बाद से था फरार आरोपी लक्ष्मण धोबी, पिता शिवदयाल धोबी, निवासी खतक्यान मोहल्ला, हरपालपुर, घटना के बाद से ही फरार था। उसके खिलाफ न्यायालय से स्थायी वारंट जारी हुआ था। पुलिस कई वर्षों से उसकी तलाश कर रही थी। मंगलवार सुबह पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि आरोपी अपने घर हरपालपुर आया हुआ है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने उसके घर पर दबिश दी और उसे गिरफ्तार कर लिया। न्यायालय ने भेजा जेल पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह लंबे समय से दिल्ली में अपने बेटों के साथ रह रहा था। उसे लगा था कि करीब 20 वर्ष की उम्र में किए गए चोरी के इस पुराने मामले को पुलिस भूल चुकी होगी। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उसे नौगांव न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
फरीदाबाद जिले के बल्लभगढ़ इलाके में लावारिस कुत्ते के काटने के करीब 2 हफ्ते बाद 30 वर्षीय युवक की तबीयत अचानक बिगड़ गई। युवक की पहचान आदर्श नगर निवासी मोनू के रूप में हुई है। रविवार देर रात परिजन उसे उपचार के लिए बीके सिविल अस्पताल लेकर पहुंचे। यहां डॉक्टरों ने प्राथमिक जांच के बाद उसकी हालत गंभीर पाई और बेहतर इलाज के लिए तुरंत दिल्ली के अस्पताल में रेफर कर दिया। 2 हफ्ते पहले कुत्ते ने काटा था परिजनों के अनुसार, करीब 2 हफ्ते पहले मोनू को 3 नंबर इलाके में एक लावारिस कुत्ते ने काट लिया था। घटना के बाद उसने इसे गंभीरता से नहीं लिया। न तो उसने अस्पताल जाकर एंटी-रेबीज वैक्सीन लगवाई और न ही किसी डॉक्टर से इलाज कराया। शुरुआत में उसे किसी प्रकार की कोई परेशानी महसूस नहीं हुई, इसलिए उसने उपचार कराने की जरूरत भी नहीं समझी। लेकिन रविवार देर रात अचानक उसकी तबीयत बिगड़ने लगी। उसकी हालत लगातार खराब होती देख परिजन घबरा गए और तुरंत उसे बीके सिविल अस्पताल लेकर पहुंचे। गंभीर हालत में दिल्ली किया रेफर बीके सिविल अस्पताल में ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टर शुभम कांत ने युवक की जांच की। जांच के दौरान उसकी हालत गंभीर पाई गई। डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार देने के बाद बिना समय गंवाए उसे बेहतर इलाज के लिए दिल्ली के अस्पताल में रेफर कर दिया। फिलहाल युवक का इलाज दिल्ली के अस्पताल में चल रहा है। बीके सिविल अस्पताल के इमरजेंसी विभाग के डॉक्टरों ने इस घटना के बाद लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। डॉक्टर ने दी ये जानकारी डॉक्टरों का कहना है कि यदि किसी व्यक्ति को कुत्ता, बंदर या कोई अन्य संदिग्ध जानवर काट ले, तो सबसे पहले घाव को साबुन और बहते पानी से कम से कम 15 मिनट तक अच्छी तरह धोना चाहिए। इसके बाद बिना किसी देरी के अस्पताल पहुंचकर एंटी-रेबीज वैक्सीन लगवानी चाहिए। जरूरत पड़ने पर रेबीज इम्यूनोग्लोब्युलिन का इंजेक्शन भी लगवाना जरूरी होता है।
दिल्ली प्रीमियर लीग (डीपीएल) सीजन 3 के लिए खिलाड़ियों की नीलामी 1 जुलाई को दिल्ली में होगी, जिसमें 8 पुरुष और 4 महिला फ्रेंचाइजी अपनी टीमें तैयार करेंगी। इस नीलामी में 400 से ज्यादा पुरुष और 200 से अधिक महिला खिलाड़ी शामिल हैं। 65 पुरुष और 28 महिला खिलाड़ियों को नीलामी से पहले ही उनकी फ्रेंचाइजी ने रिटेन कर लिया था। सीजन से पहले, 8 पुरुष फ्रेंचाइजी में से प्रत्येक को कुल 1.5 करोड़ रुपए का बजट दिया गया था, जिसमें से रिटेंशन की रकम पहले ही काट ली गई थी। शेष रकम का इस्तेमाल प्रत्येक फ्रेंचाइजी 1 जुलाई को होने वाली नीलामी में करेगी। इसी तरह, 4 महिला फ्रेंचाइजी में से प्रत्येक को 75 लाख रुपए का बजट दिया गया था, जिसमें भी रिटेंशन की कटौती के बाद समायोजन किया गया था। दोनों प्रतियोगिताओं में खिलाड़ियों को उनके अनुभव और क्रिकेट स्तर के आधार पर चार ग्रुप में बांटा गया है। पुरुषों की प्रतियोगिता में, 'मार्की' कैटेगरी में भारत के अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी, इंडिया-ए के खिलाड़ी और वे खिलाड़ी शामिल हैं, जो पिछले तीन सीजन में किसी भी आईपीएल टीम का हिस्सा रहे हैं। कैटेगरी-ए में वे खिलाड़ी शामिल हैं, जिन्होंने पिछले तीन घरेलू सीजन में रणजी ट्रॉफी, विजय हजारे ट्रॉफी या सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में दिल्ली की सीनियर पुरुष टीम का प्रतिनिधित्व किया है। कैटेगरी-बी में इसी समय-सीमा के दौरान दिल्ली की अंडर-23, अंडर-19 और अंडर-16 टीमों के खिलाड़ी शामिल हैं। कैटेगरी-सी में दिल्ली के लीग क्रिकेट सर्किट से डीडीसीए में रजिस्टर्ड खिलाड़ी शामिल हैं। महिलाओं की प्रतियोगिता में, 'मार्की' कैटेगरी में दिल्ली/डीडीसीए की भारत की इंटरनेशनल महिला क्रिकेटर और वे खिलाड़ी शामिल हैं जिन्होंने पिछले तीन सीजन में विमेंस प्रीमियर लीग की टीमों में हिस्सा लिया था। कैटेगरी-ए में वे खिलाड़ी हैं जिन्होंने पिछले तीन घरेलू सीजन में से किसी में भी सीनियर विमेंस वन-डे ट्रॉफी या टी20 ट्रॉफी में दिल्ली की सीनियर महिला टीम का प्रतिनिधित्व किया था। कैटेगरी-बी में दिल्ली की अंडर-23, अंडर-19 और अंडर-15 खिलाड़ी शामिल हैं। कैटेगरी-सी में डीडीसीए विमेंस टी20 लीग में अच्छा प्रदर्शन करने वाली और रजिस्टर्ड खिलाड़ी शामिल हैं, जो सीनियर टीम की प्लेइंग इलेवन का हिस्सा नहीं रही हैं। चार कैटेगरी में, 65 पुरुष खिलाड़ियों को उनकी फ्रेंचाइजी ने रिटेन किया है। इनमें मार्की कैटेगरी से 8, कैटेगरी-ए से 16, कैटेगरी-बी से 22 और कैटेगरी-सी से 19 खिलाड़ी हैं। मार्की खिलाड़ियों के लिए बेस प्राइस 10 लाख रुपए, कैटेगरी-ए के लिए 5 लाख रुपए, कैटेगरी-बी के लिए 3 लाख रुपए और कैटेगरी-सी के लिए 1 लाख रुपए है। पुरुषों के ऑक्शन में, मार्की खिलाड़ियों में ऋषभ पंत प्रमुख हैं, उनके अलावा इशांत शर्मा, नवदीप सैनी, सिमरजीत सिंह, मयंक यादव, अनुज रावत, दिगवेश राठी, हिम्मत सिंह, कुलदीप यादव, सार्थक रंजन, सुयश शर्मा, वंश बेदी और तेजस्वी भी शामिल हैं। चार कैटेगरी में, 65 पुरुष खिलाड़ियों को उनकी फ्रेंचाइजी ने रिटेन किया है। इनमें मार्की कैटेगरी से 8, कैटेगरी-ए से 16, कैटेगरी-बी से 22 और कैटेगरी-सी से 19 खिलाड़ी हैं। मार्की खिलाड़ियों के लिए बेस प्राइस 10 लाख रुपए, कैटेगरी-ए के लिए 5 लाख रुपए, कैटेगरी-बी के लिए 3 लाख रुपए और कैटेगरी-सी के लिए 1 लाख रुपए है। Also Read: LIVE Cricket Score पुरुषों के टूर्नामेंट में फ्रेंचाइजी को 20-25 खिलाड़ियों की टीम बनानी होगी। इनमें 2 मार्की खिलाड़ी, कैटेगरी-ए से 4 खिलाड़ी, कैटेगरी-बी से 6-10 खिलाड़ी और कैटेगरी-सी से 8-9 खिलाड़ी शामिल होने अनिवार्य हैं। वहीं, महिला फ्रेंचाइजी को 18-22 खिलाड़ियों की टीम बनानी होगी, जिसमें 2 मार्की खिलाड़ी, कैटेगरी-ए से 4 खिलाड़ी, कैटेगरी-बी से 7-8 खिलाड़ी और कैटेगरी-सी से 5-8 खिलाड़ी शामिल होंगी। Article Source: IANS
दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) के आयुक्त संजीव खिरवार जमीन पर उतरकर विकास कार्यों की रफ्तार भांप रहे हैं। कमिश्नर ने शाहदरा दक्षिणी क्षेत्र का दौरा कर विकास परियोजनाओं और नागरिक सुविधाओं की जमीनी हकीकत देखी। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि लेटलतीफी बर्दाश्त नहीं होगी, सभी निर्माण कार्य तय समय में और बेस्ट क्वालिटी के साथ पूरे किए जाएं। इस मौके पर उनके साथ क्षेत्रीय उपायुक्त वैरोकपम पुनशीबा सिंह समेत अन्य सीनियर अफसर मौजूद रहे। कमिश्नर खिरवार ने कड़कड़डूमा मार्केट का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने अफसरों को निर्देश दिए कि बाजार के समग्र पुनर्विकास के लिए एक कॉम्प्रिहेंसिव (व्यापक) मास्टर प्लान तैयार किया जाए। इस प्लान में चमचमाती स्ट्रीट लाइट्सट मजबूत सीवर नेटवर्क, ग्रीन बेल्ट, व्यवस्थित पार्किंग और बेहतरीन ड्रेनेज सिस्टम को शामिल करने को कहा गया है। इसके बाद उन्होंने ऋषभ विहार मार्केट की कमियों को दूर कर सुविधाएं सुधारने के आदेश दिए। धूल उड़ी तो होगी कार्रवाई दौरे की शुरुआत विश्वास नगर स्थित पुरानी जोनल बिल्डिंग से हुई, जहां चल रहे निर्माण कार्य की कमिश्नर ने खुद मॉनिटरिंग की। दौरे के आखिरी में वे कड़कड़ी मोड़ स्थित सी एंड डी (मलबे) वेस्ट साइट पहुंचे। कमिश्नर ने कड़े निर्देश दिए कि जब तक वैकल्पिक जगह नहीं मिलती, तब तक इसी साइट पर धूल नियंत्रण, सफाई और सुरक्षा के कड़े इंतजाम रखे जाएं ताकि जनता को परेशानी न हो। खिरवार ने कहा, निगम का लक्ष्य दिल्ली को आधुनिक और बेहतर शहरी सुविधाएं देना है। हर प्रोजेक्ट में पारदर्शिता और उच्च गुणवत्ता होनी चाहिए। अधिकारी कागजों से निकलकर फील्ड में काम की नियमित समीक्षा करें।
समस्तीपुर के शिवाजीनगर प्रखंड की प्रतिभा कुमारी ने मिथिला आइडल-2026 प्रतियोगिता के क्वार्टर फाइनल में जगह बनाकर जिले का मान बढ़ाया है। अपनी मधुर आवाज और संगीत के प्रति समर्पण के बल पर उन्होंने यह उपलब्धि हासिल की। प्रतिभा कुमारी शिवाजीनगर प्रखंड के बल्लीपुर पंचायत अंतर्गत वार्ड संख्या-13 स्थित नौआपोखर गांव निवासी प्रधान शिक्षक उमेश प्रसाद राय और गृहिणी शमता कुमारी की बेटी हैं। वह अपने भाई-बहनों में सबसे बड़ी हैं। 200 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया था यह प्रतियोगिता मिथिलांचल की लोक एवं सांस्कृतिक प्रतिभाओं को राष्ट्रीय मंच उपलब्ध कराने के उद्देश्य से मधुबनी के झंझारपुर में आयोजित की गई थी। इसमें लगभग 200 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया था। कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच प्रतिभा ने अपनी सुरीली आवाज, सुर-ताल पर मजबूत पकड़ और प्रभावशाली प्रस्तुति से निर्णायक मंडल को प्रभावित किया। दूसरे राउंड में शानदार प्रदर्शन करते हुए उन्होंने क्वार्टर फाइनल में अपना स्थान सुरक्षित किया। इस उपलब्धि पर उन्हें प्रमाण-पत्र, मेडल और मोमेंटो देकर सम्मानित किया गया। प्रतिभा कुमारी वर्तमान में दिल्ली विश्वविद्यालय के दौलत राम कॉलेज में संगीत ऑनर्स थर्ड ईयर की छात्रा हैं। उन्होंने बताया कि संगीत के प्रति उनका लगाव बचपन से ही रहा है। मध्य विद्यालय बल्लीपुर में अध्ययन के दौरान वह रोजाना चेतना सत्र में हारमोनियम बजाकर प्रार्थना सभा का संचालन करती थीं। वहीं से संगीत के प्रति उनका रुझान और अधिक मजबूत हुआ। इसके बाद उन्होंने रोसड़ा के संगीत गुरु निराला से संगीत की प्रारंभिक शिक्षा हासिल की। वर्तमान में वह दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रख्यात संगीत शिक्षक प्रोफेसर राजपाल सिंह के मार्गदर्शन में शास्त्रीय एवं सुगम संगीत की बारीकियां सीख रही हैं। तीन बहनों और एक भाई में प्रतिभा ने अपनी मेहनत, अनुशासन और लगन के दम पर यह मुकाम हासिल किया है। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य केवल प्रतियोगिता जीतना नहीं, बल्कि मिथिला की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और लोक संगीत को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाना है। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता, गुरुजनों और परिवार के सहयोग को दिया।
गुरुग्राम में मानसून से एक सप्ताह पहले प्रशासन को जलभराव रोकने के कार्यों की याद आ रही है। गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (जीएमडीए) ने पायलट आधार पर दो एक्वीफर आधारित रेन वाटर हार्वेस्टिंग के निर्माण का कार्य शुरू किया है। यह परियोजना आईआईटी दिल्ली के सहयोग से शुरू की गई है। इन प्रोजेक्ट के शुरू होने से मानसून के दौरान जलभराव को कम करने के साथ-साथ भूजल को रिचार्ज किया जाएगा। जीएमडीए के मुख्य कार्यकारी अधिकारी पीसी मीणा ने कहा कि शहर में जल निकासी व्यवस्था को अधिक सक्षम एवं पर्यावरण अनुकूल बनाने के लिए आधुनिक और वैज्ञानिक तकनीकों को अपनाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। एक्वीफर आधारित रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम का पायलट प्रोजेक्ट सेक्टर-54 स्थित एआईटी चौक के निकट स्मृति वाटिका पार्क तथा सेक्टर-31 में बनाया जा रहा है। IIT दिल्ली के एक्सपर्ट कर रहे निगरानी इन स्ट्रक्चरों का डिजाइन आईआईटी दिल्ली के तकनीकी सहयोग से तैयार किया गया है तथा इनका निर्माण कार्य संस्थान के रिसर्च स्कॉलरों की देख रेख में किया जा रहा है । स्मृति वाटिका पार्क में लगभग 480-480 फीट गहराई के दो रिचार्ज बोरवेल का निर्माण पूरा किया जा चुका है, जिनके माध्यम से वर्षा जल को भूजल स्तर तक पहुंचाया जाएगा। वहीं, सेक्टर-31 में लगभग 500 फीट गहरा रिचार्ज बोरवेल तैयार कर आवश्यक रिचार्ज स्ट्रक्चर भी स्थापित किया गया है। वैज्ञानिक तरीके से ज़मीन के अंदर पहुंचाया पानी इन स्ट्रक्चरों का निर्माण मास्टर सड़कों एवं ग्रीन बेल्ट के किनारे किया जा रहा है ताकि मानसून के दौरान आने वाले वर्षा जल को एकत्रित कर वैज्ञानिक तरीके से ज़मीन के अंदर पहुंचाया जा सके। एकत्रित वर्षा जल को फिल्टर करने के बाद भूमिगत चिन्हित मोटी बजरी (कोर्स ग्रेवल) एवं दरारयुक्त एक्वीफर परतों तक पहुंचाया जाएगा, जिससे भूजल का प्रभावी रिचार्ज होगा। साथ ही सड़कों पर वर्षा जल का बहाव एवं अस्थायी जलभराव भी कम होगा। पूरे शहर में बनेंगे वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम उन्होंने कहा कि यह परियोजना जलभराव संभावित क्षेत्रों में वर्षा जल संचयन और शहरी जल निकासी प्रबंधन के एकीकृत मॉडल के रूप में कार्य करेगी। पायलट परियोजना के परिणामों और प्रभावशीलता के आधार पर जीएमडीए शहर के अन्य स्थानों पर भी इसी प्रकार के स्ट्रक्चर विकसित करेगा। यह पायलट परियोजना जीएमडीए की उस व्यापक योजना का हिस्सा है, जिसके अंतर्गत प्राधिकरण के अधिकार क्षेत्र में आने वाले सेक्टर-1 से 57 तक के क्षेत्र में कुल पांच एक्वीफर आधारित वर्षा जल संचयन संरचनाएं विकसित की जानी हैं।
दिल्ली: कार में युवती से यौन संबंध की मांग, वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार
पूर्वी दिल्ली के मंडावली इलाके में एक 24 वर्षीय महिला ने एक व्यक्ति पर कार के अंदर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया है।
इंदौर क्राइम ब्रांच ने मैट्रिमोनियल वेबसाइट पर खुद को आर्मी अफसर बताकर महिला से 28 लाख रुपए की ठगी करने वाले आरोपी को दिल्ली से गिरफ्तार किया है। आरोपी लंबे समय से फरार था और पुलिस के अनुसार वह यूरोप भागने की तैयारी में था। क्राइम ब्रांच ने उसे दिल्ली से दबोच लिया। जीवनसाथी डॉट कॉम पर बनाई थी फर्जी पहचान क्राइम ब्रांच के अधिकारियों के मुताबिक गिरफ्तार आरोपी की पहचान जीतू उर्फ जितेंद्र पुत्र राकेश छोनकर निवासी थोरा ग्राम नोएडा (दिल्ली-एनसीआर) के रूप में हुई है। आरोपी पेशे से रूस के मॉस्को में कंस्ट्रक्शन सुपरवाइजर के पद पर काम करता है और उसने इंजीनियरिंग की पढ़ाई की है। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी ने मैट्रिमोनियल वेबसाइट जीवनसाथी डॉट कॉम पर फर्जी प्रोफाइल बनाकर खुद को आर्मी अफसर बताया था। इसी दौरान उसकी पहचान इंदौर की एक महिला से हुई और दोनों के बीच शादी की बात शुरू हुई। बीमारी का बहाना बनाकर 28 लाख रुपए ठगे पुलिस के अनुसार वर्ष 2024 में आरोपी ने महिला को गंभीर बीमारी का झांसा देकर इलाज के नाम पर अलग-अलग किस्तों में करीब 28 लाख रुपए अपने खाते में ट्रांसफर करवा लिए। पैसे लेने के बाद उसने शादी से साफ इनकार कर दिया, जिसके बाद पीड़िता ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। विदेश में छिपा था आरोपी, दिल्ली पहुंचते ही दबोचा एफआईआर दर्ज होने के बाद क्राइम ब्रांच ने जांच शुरू की तो पता चला कि आरोपी विदेश में रह रहा है। हाल ही में वह अपने परिवार से मिलने दिल्ली आया था। पुलिस को उसकी मौजूदगी की सूचना मिली, जिसके बाद टीम ने घेराबंदी कर सोमवार को उसे गिरफ्तार कर लिया। अधिकारियों के मुताबिक आरोपी दिल्ली से यूरोप की फ्लाइट पकड़कर विदेश जाने की तैयारी में था, लेकिन उससे पहले ही उसे हिरासत में ले लिया गया। अन्य लोगों से ठगी की भी आशंका क्राइम ब्रांच का कहना है कि शुरुआती जांच में संकेत मिले हैं कि आरोपी ने इसी तरह फर्जी पहचान बनाकर अन्य लोगों को भी अपना शिकार बनाया हो सकता है। पुलिस उसके बैंक खातों, मोबाइल डेटा और ऑनलाइन गतिविधियों की जांच कर रही है, ताकि अन्य पीड़ितों और ठगी के मामलों का भी पता लगाया जा सके। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और मामले में आगे की जांच जारी है।
30 लाख रुपये से अधिक कीमत वाली कारों को छोड़कर सभी इलेक्ट्रिक वाहनों के पंजीकरण पर 100 प्रतिशत रोड टैक्स और रजिस्ट्रेशन शुल्क माफ रहेगा। इससे इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने की कुल लागत में उल्लेखनीय कमी आएगी और अधिक लोग ईवी अपनाने के लिए प्रेरित होंगे।
हरियाणा कांग्रेस में लंबे समय से लंबित संगठनात्मक फेरबदल अब रफ्तार पकड़ने जा रहा है। पार्टी के नवनियुक्त प्रदेश प्रभारी संजय सतीशचंद्र दत्त ने औपचारिक रूप से हरियाणा का प्रभार संभाल लिया है। इसके साथ ही प्रदेश संगठन को नए सिरे से सक्रिय करने और गुटीय समीकरण साधने की कवायद शुरू हो गई है। नई दिल्ली पहुंचने के बाद संजय दत्त ने लगातार 2 दिन कांग्रेस के केंद्रीय नेतृत्व से मुलाकात कर हरियाणा की राजनीतिक और संगठनात्मक स्थिति पर चर्चा की। अब मंगलवार और बुधवार को वे दिल्ली स्थित कांग्रेस मुख्यालय में हरियाणा के वरिष्ठ नेताओं के साथ अलग-अलग बैठकें करेंगे। इन बैठकों को प्रदेश संगठन के पुनर्गठन की दिशा में पहला बड़ा कदम माना जा रहा है। गुटबाजी खत्म करना सबसे बड़ी चुनौती हरियाणा कांग्रेस लंबे समय से अलग-अलग गुटों में बंटी रही है। ऐसे में नए प्रभारी की पहली प्राथमिकता सभी वरिष्ठ नेताओं के बीच बेहतर तालमेल बनाकर संगठन को सक्रिय करना और आगामी चुनावों के लिए तैयार करना होगी। इन मुद्दों पर मंथन दिल्ली में होने वाली बैठकों में कई अहम विषयों पर चर्चा होगी। जिनमें प्रदेश कांग्रेस में लंबित नियुक्तियां, जिला और ब्लॉक स्तर पर संगठन का पुनर्गठन, संगठन विस्तार और सदस्यता अभियान, आगामी राजनीतिक कार्यक्रमों की रणनीति, कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने की योजना पर मंथन कर रहे हैं। इन नेताओं से करेंगे अलग-अलग मुलाकात हरियाणा कांग्रेस प्रभारी संजय दत्त की आज प्रदेशाध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह से मुलाकात हुई है। जिन नेताओं से उन्हें मिलना है उनमें पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा, कांग्रेस महासचिव रणदीप सिंह सुरजेवाला, पूर्व केंद्रीय मंत्री कुमारी सैलजा, चौधरी बीरेंद्र सिंह, पूर्व मंत्री कैप्टन अजय सिंह यादव समेत अन्य वरिष्ठ नेताओं का नाम शामिल है। बैठकों में संगठन को मजबूत करने और केंद्रीय नेतृत्व के साथ बेहतर समन्वय पर भी जोर रहेगा। दिल्ली के बाद चंडीगढ़ में बड़ी बैठक सूत्रों के मुताबिक, दिल्ली में 2 दिन तक चलने वाले मंथन के बाद चंडीगढ़ में प्रदेश कांग्रेस की विस्तृत बैठक बुलाई जाएगी। इसमें संगठनात्मक फेरबदल, नई नियुक्तियों और भविष्य की राजनीतिक कार्ययोजना को अंतिम रूप दिया जा सकता है। दत्त महाराष्ट्र कांग्रेस से आते हैं। AICC में सचिव रह चुके हैं। तमिलनाडु और मध्य प्रदेश के सह-प्रभारी का अनुभव है।
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राजमाता विजयाराजे सिंधिया एयर टर्मिनल से हवाई सफर करने वाले यात्रियों के लिए समर शेड्यूल के अपडेट ने चिंता बढ़ा दी है। रीशेड्यूल कर जारी नए चार्ट में ग्वालियर से संचालित होने वाली फ्लाइट्स की संख्या में इजाफा करने के बजाय कटौती कर दी है। इंडिगो ने अपनी मुंबई फ्लाइट, जो अब तक रोज संचालित होती थी, उसके फेरों में कटौती कर दी है। अब मुंबई जाने वाले यात्रियों को हर दिन उड़ान की सुविधा नहीं मिलेगी। मुंबई की फ्लाइट की सीटें करीब 90% फुल रहती थीं। मुंबई के लिए इंडिगो एयरबस संचालित कर रही थी। इंडिगो एयरलाइंस ने मुंबई रूट पर अब सप्ताह में सिर्फ 4 दिन (सोमवार, बुधवार, शुक्रवार और रविवार) ही उपलब्ध होगी। वहीं आकासा एयर ने भी दिल्ली रूट पर फ्रीक्वेंसी घटा दी है। पहले यह फ्लाइट सप्ताह में 3 दिन (सोमवार, बुधवार और शुक्रवार) चलती थी, लेकिन अब ये सोमवार-शुक्रवार को ही जाएगी। यह नया शेड्यूल 1 जुलाई 2026 से लागू होगा। क्यों घटीं उड़ानें? परिचालन लागत में बढ़ोतरी है वजह कच्चे तेल में हो रही बढ़ोतरी से विमानन ईंधन महंगा हो गया है। ईंधन कुल परिचालन लागत का बड़ा हिस्सा होता है। लागत बढ़ने के बाद एयरलाइंस वित्तीय घाटे को कम करने के लिए कम मांग वाले रूट्स और अतिरिक्त फ्रीक्वेंसी में कटौती कर रही हैं। इसी के तहत ग्वालियर जैसे शहरों की उड़ानों को कम किया है। कटौती से यात्रियों पर असर: उड़ानों की संख्या घटने से यात्रियों को अपनी यात्रा की योजना बनाने में परेशानी होगी, बल्कि उपलब्ध सीटों की संख्या कम होने से हवाई किराए में भी बढ़ोतरी होने की आशंका है। मुंबई-दिल्ली के लिए सीधी कनेक्टिविटी कम होने से व्यापारिक वर्ग पर भी इसका विपरीत प्रभाव पड़ सकता है।
देश के 4 राज्यों राजस्थान, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और दिल्ली के कई इलाकों में प्री-मानसून बारिश जारी है। हालांकि छह राज्यों में तेज गर्मी हो रही है। हरियाणा और दिल्ली में पारा 43C से ज्यादा दर्ज किया गया। बिहार के 15 जिलों में सोमवार को आंधी के साथ बारिश हुई। सीतामढ़ी, मुंगेर और पटना में बिजली गिरने से 4 लोगों की मौत हो गई। वहीं 24 लोग झुलस गए। वहीं दरभंगा के जलेश्वरनाथ महादेव मंदिर के गुंबद पर बिजली गिर गई। मंदिर में करीब 25 श्रद्धालु पूजा कर रहे थे। यूपी में मानसून की एंट्री के लिए मौसम सिस्टम सक्रिय हो गया है। सोमवार को लखनऊ समेत 15 जिलों में तेज बारिश हुई। मिर्जापुर में बारिश के बाद अंडरपास में करीब 3 फीट तक पानी भरने से गाड़ियां फंस गईं। बस्ती और महराजगंज में बिजली गिरने से दो लोगों की मौत हो गई। छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के डुमकी गांव में सोमवार शाम बिजली गिरने से 2 बच्चों और एक युवक की मौत हो गई। मध्य प्रदेश में सोमवार को 12 जिलों में बारिश हुई। मानसून 24 जून तक 22 राज्यों को कवर कर चुका है। इसके बाद इसकी रफ्तार धीमी पड़ गई है। यह मध्य प्रदेश और गुजरात के कई क्षेत्रों में आगे नहीं बढ़ पा रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, 5 जुलाई तक यह बाकी राज्यों में भी पहुंच सकता है। पहले मैप में देखिए, कहां तक पहुंचा मानसून… असम में बाढ़, 22 हजार से ज्यादा लोग प्रभावित अरुणाचल प्रदेश और असम के कई हिस्सों में लगातार बारिश की वजह से बाढ़ और लैंडस्लाइड की स्थिति बनी हुई है। अरुणाचल में बारिश से लेकू नदी उफान पर आ गई, जिससे असम के जोनाई इलाके में भीषण बाढ़ आ गई। बाढ़ से नेशनल हाईवे-515 भी डूब गया। असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (ASDMA) के मुताबिक, बाढ़ से राज्य के छह जिलों में 22 हजार से ज्यादा लोग प्रभावित हुए हैं। सबसे ज्यादा असर धेमाजी जिले में पड़ा है, जहां करीब 16 हजार लोग प्रभावित हैं। बाढ़ से 96 गांव डूब गए हैं, करीब 1690 हेक्टेयर फसल और 48 हजार से ज्यादा जानवर प्रभावित हुए हैं। गृह मंत्री अमित शाह ने बाढ़ और भारी मॉनसून बारिश से पैदा हुए हालात का जायजा लेने के लिए असम के सीएम हिमंता बिस्वा सरमा और अरुणाचल प्रदेश के सीएम पेमा खांडू को फोन कर हालात की जानकारी ली। देशभर से बारिश की 4 तस्वीरें… 6 राज्यों में गर्मी का असर, पारा 40C पार मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और गुजरात के कई शहरों में बुधवार को पारा 40C से ज्यादा रहा। देश में सबसे ज्यादा पारा हरियाणा के रोहतक में 43.5C दर्ज किया गया। वहीं दिल्ली में 43.4C, यूपी के बांदा में 43.2C, मध्य प्रदेश के खजुराहो में 41.2C, पंजाब के आनंदपुर साहिब में 40.6C और गुजरात के सुरेंद्रनगर में 40.5C रहा। अगले 2 दिन के मौसम का हाल 1 जुलाई: 2 जुलाई:
हापुड़ में गढ़ कोतवाली इलाके के दिल्ली-लखनऊ हाईवे पर सरुरपुर गांव के पास सोमवार शाम एक युवक की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। गंभीर रूप से घायल युवक को मेरठ मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया था, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पुलिस मामले की जांच कर रही है। पुलिस के अनुसार, मृतक की पहचान बिजनौर निवासी 30 वर्षीय मोहसिन (पुत्र महबूब) के रूप में हुई है। बताया गया कि मोहसिन सोमवार शाम करीब साढ़े चार बजे बस से उतरकर सरुरपुर गांव के पास खड़ा था। वह अपने घर से गाज़ियाबाद के लिए चला था। इसी दौरान पीछे से आई एक कार से चार युवक उतरे और उन्होंने मोहसिन पर डंडों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमलावर उसे गंभीर रूप से घायल कर मौके से फरार हो गए। मेरठ मेडिकल कॉलेज किया गया था रेफर राहगीरों की सूचना पर गढ़ कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने घायल मोहसिन को तत्काल गढ़ के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत नाजुक होने पर चिकित्सकों ने उसे मेरठ मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। लगभग 7 बजे मेरठ मेडिकल कॉलेज में उपचार के दौरान मोहसिन की मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने मृतक के परिजनों को सूचित किया। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने की तैयारी की जा रही है। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। कोतवाली प्रभारी देवेंद्र बिष्ट ने बताया कि सरुरपुर के पास एक युवक के साथ मारपीट की सूचना पर पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची थी। उन्होंने पुष्टि की कि घायल को अस्पताल भिजवाया गया था, लेकिन उपचार के दौरान उसकी मृत्यु हो गई। उन्होंने कहा कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। हमलावरों की पहचान कर शीघ्र गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों को लगाया गया है। तहरीर मिलने पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
डॉ. आशुतोष मुखर्जी की 162वीं जयंती के अवसर पर दिल्ली विधानसभा मंगलवार को उनके संसदीय विचारों पर आधारित विशेष स्मारक ग्रंथ 'बंगाल टाइगर आशुतोष मुखर्जी के संकलित भाषण' का लोकार्पण करेगी। यह समारोह दिल्ली विधानसभा सदन में आयोजित होगा। भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा रसायन एवं उर्वरक मंत्री जगत प्रकाश (जे.पी.) नड्डा इस विशेष ग्रंथ का विमोचन करेंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता करेंगे। समारोह में सीएम रेखा गुप्ता, शिक्षा, गृह एवं शहरी विकास मंत्री आशीष सूद तथा विधानसभा के उपाध्यक्ष मोहन सिंह बिष्ट विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल होंगे। इसके अलावा विधायक, शिक्षाविद्, विधिवेत्ता, शोधकर्ता और विभिन्न क्षेत्रों के विद्वानों की भी उपस्थिति रहेगी। डॉ. आशुतोष मुखर्जी, जिन्हें 'बंगाल टाइगर' के नाम से जाना जाता है, स्वतंत्रता-पूर्व भारत के प्रमुख शिक्षाविद्, विधिवेत्ता और राष्ट्रनिर्माताओं में गिने जाते हैं। वे 1904 में इम्पीरियल लेजिस्लेटिव काउंसिल के सदस्य रहे और उच्च शिक्षा, वैज्ञानिक अनुसंधान, संस्थान निर्माण तथा शैक्षणिक उत्कृष्टता को नई दिशा देने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही। डॉ. मुखर्जी के संसदीय भाषणों को एक ही संकलन में प्रस्तुत किया दिल्ली विधानसभा द्वारा प्रकाशित इस स्मारक ग्रंथ में पहली बार डॉ. मुखर्जी के संसदीय भाषणों को एक ही संकलन में प्रस्तुत किया गया है। इससे शिक्षा, संवैधानिक शासन, संस्थान निर्माण और सार्वजनिक जीवन से जुड़े उनके विचार विद्यार्थियों, शोधकर्ताओं, विधायकों और आम पाठकों तक व्यवस्थित रूप से पहुंच सकेंगे। दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष का कहना है कि यह प्रकाशन केवल एक स्मारक ग्रंथ नहीं, बल्कि भारत की लोकतांत्रिक और शैक्षणिक विरासत को संरक्षित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण दस्तावेज है। इसका उद्देश्य उन राष्ट्रीय विभूतियों के विचारों को नई पीढ़ी तक पहुंचाना है, जिन्होंने आधुनिक भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया। कौन थे डॉ. आशुतोष मुखर्जी 1864 में जन्मे, 1924 में हुआ निधन 'बंगाल टाइगर' के नाम से थे प्रसिद्ध प्रख्यात शिक्षाविद्, विधिवेत्ता और राष्ट्रनिर्माता 1904 में इम्पीरियल लेजिस्लेटिव काउंसिल के सदस्य बने उच्च शिक्षा, वैज्ञानिक अनुसंधान और संस्थान निर्माण में दिया ऐतिहासिक योगदान पहली बार उनके संसदीय भाषण एक ही संकलन में प्रकाशित किए गए हैं
दिल्ली में डीएनडी फ्लाईओवर से एक युवक ने यमुना नदी में छलांग लगा दी। घटना का वीडियो डीएनडी पर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हुआ है। मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस, दमकल विभाग, एनडीआरएफ, बोट क्लब और अन्य बचाव दल पहुंच गए। टीमें युवक की काफी तलाश कर रही है, लेकिन अभी तक उसका कुछ पता नहीं चल सका है। पुलिस को मौके से युवक की स्कूटी, कपड़े और मोबाइल फोन बरामद हुए हैं। युवक की पहचान प्रीत विहार निवासी अंकित शर्मा के रूप में हुई है। अभी तक युवक का कुछ पता नहीं चला है। पुलिस अधिकारी ने बताया युवक का उसकी पत्नी से विवाद चल रहा था। विवाद के चलते उसने छलांग लगाई है। जामिया नगर थाना पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। पुलिस और एनडीआरएफ की टाम कर रही तलाश जानकारी के मुताबिक रविवार देर रात करीब 2:30 बजे पुलिस को सूचना मिली कि एक व्यक्ति ने यमुना पुल से नदी में कूद गया है। सूचना मिलते ही पुलिस, एनडीआरएफ और अन्य राहत बचाव दल मौके पर पहुंच गए। टीम ने लगातार सर्च ऑपरेशन चलाया, लेकिन युवक के बारे में कोई सुराग नहीं मिला। घटनास्थल पर तलाशी के दौरान युवक के कपड़े, मोबाइल और स्कूटी बरामद हुई। वहीं पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाल रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि युवक ने वास्तव में नदी में छलांग लगाई थी या उसके लापता होने के पीछे कोई अन्य वजह तो नहीं है। सीसीटीवी में कैद हुई घटना घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। वीडियो में सफाई दिखाई दे रहा है कि युवक अपनी स्कूटी से वहां आता है और उसके बाद वहां पर स्कूटी के साथ खड़ा रहता है। इसी दौरान कई वाहन वहां से गुजरते हुए भी दिखाई दे रहे है। कुछ देर बाद युवक वहां दिखाई नहीं देता। अंधेरा व रात होने की वजह से यह साफ नहीं दिख रहा है कि युवक नदी में कूदा है या नहीं।
केंद्र सरकार में सहकारिता मंत्रालय की स्थापना के 5 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में दिल्ली सरकार ने सोमवार से 'सहकार से समृद्धि–सहकारिता सप्ताह 2026' की शुरुआत की। दिल्ली सचिवालय में आयोजित उद्घाटन समारोह में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सहकारिता जागरूकता वैन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया और सप्ताहभर चलने वाले जन-जागरूकता अभियान का शुभारंभ किया। कार्यक्रम में सहकारिता मंत्री रविन्द्र इन्द्राज सिंह, मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा, आशीष सूद और सहकारिता विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और विभिन्न सहकारी संस्थाओं के प्रतिनिधि मौजूद रहे। इस दौरान सचिवालय परिसर में नुक्कड़ नाटक और जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। 'सामाजिक-आर्थिक विकास में भागीदारी निभाएंगे' इस मौके पर सीएम ने कहा सहकारिता केवल आर्थिक व्यवस्था नहीं, बल्कि सामाजिक सहभागिता, आत्मनिर्भरता और सामूहिक विकास का मजबूत आधार है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'सहकार से समृद्धि' के विजन को जन-जन तक पहुंचाने के लिए दिल्ली सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है। उनका विश्वास है कि इस अभियान से अधिक से अधिक लोग सहकारी गतिविधियों से जुड़ेंगे और सामाजिक-आर्थिक विकास में भागीदारी निभाएंगे। 'ऑनलाइन और ऑफलाइन क्विज प्रतियोगिताएं कराई जाएगी' सहकारिता मंत्री रविन्द्र इन्द्राज सिंह ने कहा दिल्ली सरकार सहकारी संस्थाओं को आधुनिक तकनीक, डिजिटल सेवाओं और पारदर्शी व्यवस्था से जोड़कर उन्हें अधिक सक्षम और जवाबदेह बना रही है। इससे नागरिकों को बेहतर सेवाएं मिलेंगी और आर्थिक सशक्तिकरण को नई गति मिलेगी। उन्होंने बताया सप्ताहभर दिल्ली के विभिन्न इलाकों में ऑनलाइन और ऑफलाइन क्विज प्रतियोगिताएं, सेमिनार, पैनल चर्चा, सहकारिता जागरूकता अभियान और वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। नरेला, द्वारका, रोहिणी समेत कई क्षेत्रों में करीब 10 हजार पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके अलावा सहकारी संस्थाओं, विशेषज्ञों और नागरिकों के बीच संवाद कार्यक्रम भी होंगे। सहकारिता सप्ताह का समापन 6 जुलाई को होगा। समापन समारोह में उत्कृष्ट कार्य करने वाली सहकारी संस्थाओं, विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं और सहकारिता क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले व्यक्तियों को सम्मानित किया जाएगा। सहकारिता सप्ताह की प्रमुख गतिविधियां 6 जुलाई तक चलेगा राज्यव्यापी अभियानदिल्लीभर में जागरूकता वैन करेगी भ्रमणऑनलाइन-ऑफलाइन क्विज प्रतियोगिताओं का आयोजननरेला, द्वारका, रोहिणी सहित कई इलाकों में 10 हजार पौधे लगाने का लक्ष्यसेमिनार, पैनल चर्चा और नुक्कड़ नाटकों के जरिए सहकारिता का प्रचारसमापन समारोह में उत्कृष्ट सहकारी संस्थाओं और योगदानकर्ताओं का सम्मान
दिल्ली कैबिनेट ने सोमवार, 29 जून को नई इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी को मंजूरी दे दी है। इसके तहत अब दिल्ली में ₹30 लाख तक की कीमत वाली इलेक्ट्रिक कारों को रोड टैक्स और रजिस्ट्रेशन फीस से पूरी तरह छूट मिलेगी। यह फैसला राजधानी में बढ़ते वायु प्रदूषण, खासकर सर्दियों के दौरान होने वाली गंभीर समस्या से निपटने और क्लीनर ट्रांसपोर्ट को बढ़ावा देने के लिए लिया गया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद अब इस पॉलिसी को उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू के पास मंजूरी के लिए भेजा जाएगा। इस नई पॉलिसी को 1 जुलाई से लागू करने की योजना है और यह 31 मार्च 2030 तक प्रभावी रहेगी। किस गाड़ी पर कितनी सब्सिडी मिलेगी पॉलिसी में इलेक्ट्रिक कारों के लिए टैक्स छूट के अलावा अलग-अलग कैटेगरी के वाहनों के लिए परचेज इंसेंटिव यानी सब्सिडी की भी घोषणा की गई है… अधिकारियों ने साफ किया है कि हाइब्रिड वाहनों के लिए कोई सब्सिडी नहीं मिलेगी। यह पॉलिसी पूरी तरह से जीरो-इमिशन (शून्य-उत्सर्जन) वाहनों पर फोकस है। पेट्रोल-CNG वाहनों पर कब से रोक लगेगी पॉलिसी के तहत दिल्ली सरकार ने फेज्ड ट्रांजिशन यानी चरणबद्ध बदलाव का प्लान तैयार किया है… पॉलिसी से ₹15,000 करोड़ के निवेश की उम्मीद कैबिनेट के फैसले की घोषणा करते हुए CM रेखा गुप्ता ने कहा कि यह वास्तव में एक ऐतिहासिक दिन है। हमारा लक्ष्य दिल्ली ईवी पॉलिसी को 1 जुलाई से लागू करना है। उपराज्यपाल की मंजूरी के बाद यह 31 मार्च 2030 तक लागू रहेगी। सरकार को अगले चार सालों में इस पॉलिसी के तहत करीब ₹15,000 करोड़ के लाभ और निवेश की उम्मीद है। इसमें से करीब ₹7,000 करोड़ इंसेंटिव पर खर्च किए जाएंगे, जबकि ₹8,000 करोड़ ईवी इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट और टैक्स रियायतों के लिए रखे गए हैं। इस पॉलिसी का मुख्य उद्देश्य ईवी को अपनाना, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर बढ़ाना, व्हीकल स्क्रैपिंग को बढ़ावा देना और व्हीकल पॉल्यूशन को कम करना है। 32,000 चार्जिंग पॉइंट्स बनेंगे, इंसेंटिव के लिए अलग पोर्टल ईवी ट्रांजिशन को सपोर्ट करने के लिए दिल्ली सरकार ने पूरी राजधानी में 32,000 चार्जिंग पॉइंट्स बनाने का लक्ष्य रखा है। इसके लिए जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार करने के लिए जमीन की पहचान भी कर ली गई है। इसके साथ ही ईवी इंसेंटिव से जुड़े आवेदनों के लिए एक ऑनलाइन पोर्टल भी डेवलप किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने बताया कि इस पॉलिसी के दायरे में टू-व्हीलर्स, थ्री-व्हीलर्स, फोर-व्हीलर्स, N1 ट्रक्स और ग्रामीण सेवा वाहन शामिल हैं। खास बात यह है कि इस पॉलिसी को इस तरह डिजाइन किया गया है कि इंसेंटिव के लिए पात्र वाहनों की संख्या पर कोई सीमा नहीं लगाई गई है। क्या होते हैं N1 कैटेगरी के ट्रक्स? पॉलिसी में N1 कैटेगरी के इलेक्ट्रिक ट्रक्स के लिए ₹1 लाख की सब्सिडी तय की गई है। N1 कैटेगरी के अंतर्गत वे लाइट कॉमर्शियल व्हीकल्स (हल्के व्यावसायिक वाहन) आते हैं, जिन्हें सामान की ढुलाई या ट्रांसपोर्टेशन के लिए डिजाइन किया जाता है। इन वाहनों का अधिकतम ग्रॉस व्हीकल वेट यानी कुल वजन 3,500 किलोग्राम से ज्यादा नहीं होना चाहिए। आमतौर पर छोटे हाथी या इसी तरह के छोटे लोडिंग टेंपो इस कैटेगरी में आते हैं। ये खबर भी पढ़ें… बजाज पल्सर N125 भारत में बंद हुई: लॉन्च के 2 साल के भीतर कंपनी ने फैसला लिया; वजह- कम बिक्री और फीचर्स की कमी बजाज ऑटो ने भारत में अपनी पल्सर N125 बाइक को बंद कर दिया है। अक्टूबर 2024 में लॉन्च हुई यह बाइक भारतीय बाजार में दो साल भी पूरे नहीं कर पाई। कंपनी ने देश के डीलर्स को इसकी सप्लाई बंद कर दी है। पूरी खबर पढ़ें…
गयाजी में एक मुस्लिम युवक का 4 लड़कियों के साथ अश्लील वीडियो सामने आया है। आरोपी का नाम रेहान अंसारी है। आरोप है कि उसने कई हिंदू लड़कियों के साथ अश्लील वीडियो बनाए और उसे सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। अब इस कड़ी में इंटर की एक नाबालिग छात्रा ने रेहान पर रेप का आरोप लगाया है। मामले में नाबालिग के भाई ने सोमवार को आरोपी के खिलाफ बांके बाजार थाने में पॉक्सो और SC/ST एक्ट के तहत FIR दर्ज कराई है। वहीं, पुलिस के हाथ कुछ वीडियो लगे हैं। इसमें से एक वीडियो में आरोपी नाबालिग लड़की के साथ दिख रहा है। पुलिस के मुताबिक, वीडियो किसी पहाड़ पर बनाए गए हैं। FSL की टीम भी जांच में जुटी हैं। फिलहाल आरोपी रेहान अंसारी फरार है। पुलिस के मुताबिक, आशंका है कि वह गिरफ्तारी के डर से दिल्ली-मुंबई भाग गया है। पुलिस की विशेष टीमें उसके संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही हैं। किराए के कमरे में रहकर पढ़ाई करती है छात्रा बताया जा रहा है कि नाबालिग पीड़िता इंटर की छात्रा है। वो किराए के मकान में रहकर पढ़ाई करती थी। उसके माता-पिता दिल्ली में काम करते हैं, जबकि उसका भाई गांव में रहता है। पीड़िता शुरुआत में मामला दर्ज कराने से कतरा रही थी। जब दुष्कर्म का वीडियो वायरल होने की जानकारी उसके भाई को मिली, तो उसने बहन को काफी समझाया। इसके बाद पीड़िता केस दर्ज कराने के लिए तैयार हुई। पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो केवल एक लड़की का नहीं, बल्कि कई लड़कियों से जुड़े वीडियो सामने आए हैं। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। मोमोज और मोबाइल की दुकान चलाता है आरोपी बांकेबाजार थानाध्यक्ष पवन कुमार के मुताबिक, आरोपी रेहान मोमोज और मोबाइल की दुकान चलाता है। साथ ही वह खाली समय में सोशल मीडिया के लिए रील भी बनाता था। उसके सोशल मीडिया पर अलग-अलग लड़कियों के साथ कई वीडियो हैं, जिनमें वह अश्लील हरकतें करता दिखाई दे रहा है। पवन कुमार ने बताया कि सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने की सूचना मिलते ही पुलिस जांच में जुट गई थी। अब पीड़िता के भाई के लिखित आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। वायरल वीडियो को भी सबूत के तौर पर पेनड्राइव में रख लिया गया है। स्थानीय लोगों में गुस्सा वीडियो वायरल होने और आरोपी के दूसरे समुदाय से होने की चर्चा के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश है। बड़ी संख्या में लोग थाने पहुंचकर आरोपी की जल्द गिरफ्तारी और कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए इलाके में पुलिस बल की तैनाती बढ़ा दी गई है। पुलिस प्रशासन का कहना है कि पूरे घटनाक्रम पर लगातार नजर रखी जा रही है। FSL की टीम भी जांच में जुटी शेरघाटी DSP-1 संदीप कुमार ने बताया कि पीड़िता नाबालिग है। आरोपी के अलग-अलग लड़कियों के साथ कई वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए हैं, जिनमें से कुछ वीडियो पुलिस के हाथ लगे हैं। पुलिस नाबालिग से जुड़े मामले की गहन जांच कर रही है। वहीं, FSL की टीम भी घटनास्थल से वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने की तैयारी में जुटी है।
गुरुग्राम में पुलिस ने अंतरराज्यीय चोर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए सात शातिर बदमाशों को पकड़ा है। खास बात ये है कि यह गिरोह ज्यादातर मेडिकल स्टोर को अपना निशाना बनाता है और दिन में रेकी कर रात में ताले या शटर तोड़कर चोरी करता है। इस गिरोह के पकड़े जाने से दिल्ली और गुरुग्राम की छह वारदात खुली हैं। आरोपियों की पहचान दिल्ली के सुल्तानपुरी के रहने वाले तारुल, शाहबाद दौलतपुर के सोनू, बवाना के मेराजुल दीवान, शाहबाद डेयरी के संजीत उर्फ काली, शाहबाद दौलतपुर के मनदीप उर्फ स्कूटी,सेक्टर-26 रोहिणी के प्रह्लाद कुमार उर्फ राज कुमार उर्फ मोटा और सागर उर्फ सूरज के रूप में हुई है। पुलिस ने इन्हें दिल्ली के गांव खेड़ा झाझरौला से पकड़ा है। 25 जून को फर्रुखनगर थाना क्षेत्र के वजीरपुर रोड स्थित सुल्तानपुर मोड पर एक मेडिकल स्टोर संचालक की शिकायत के बाद केस दर्ज किया गया था। शिकायतकर्ता ने बताया कि 24 जून की रात अज्ञात चोरों ने उसकी दुकान का शटर तोड़कर गल्ले से करीब 20 हजार रुपये चुरा लिए थे। दिन में रेकी, रात में सेंध पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे वारदात से पहले इलाके की रेकी करते थे। जब उन्हें यह सुनिश्चित हो जाता था कि दुकान या मकान में कोई मौजूद नहीं है, तब देर रात शटर या ताले तोड़कर नकदी और कीमती सामान चुरा लेते थे। मेडिकल स्टोर में हुई चोरी भी इसी तरीके से की गई थी। सामान बरामद करने में जुटी आरोपियों ने गुरुग्राम में पांच और दिल्ली में एक अन्य चोरी की वारदात को अंजाम देने की बात कबूल की है। इस प्रकार, अब तक कुल छह चोरी की घटनाओं का खुलासा हुआ है। पुलिस इन मामलों में चोरी की गई नकदी और अन्य सामान की बरामदगी के प्रयास कर रही है। आरोपियों पर पहले से कई केस दर्ज इस गिरोह के मुख्य आरोपी तारुल पर चोरी, लूट और आर्म्स एक्ट के 15 मामले दर्ज हैं। मनदीप उर्फ स्कूटी पर सात, प्रह्लाद कुमार उर्फ मोटा पर दो और सागर उर्फ सूरज पर चोरी, लूट तथा आर्म्स एक्ट सहित 45 आपराधिक मामले पहले से दर्ज हैं।
अंतरराष्ट्रीय शिक्षा और शोध सहयोग के क्षेत्र में इंद्रप्रस्थ सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईआईटी-दिल्ली) ने एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। यूरोपीय संघ के पब्लिक एंड कल्चरल डिप्लोमेसी प्रोग्राम के तहत शुरू किए गए ईयू-भारत स्टूडेंट एंबेसडर नेटवर्क के लिए देश के 20 प्रमुख उच्च शिक्षण संस्थानों में आईआईआईटी-दिल्ली का चयन किया गया है। इस पहल का उद्देश्य भारत और यूरोपीय संघ के बीच उच्च शिक्षा, छात्र आदान-प्रदान, शोध सहयोग और सांस्कृतिक संबंधों को नई गति देना है। नई दिल्ली में आयोजित लॉन्च समारोह में भारत में यूरोपीय संघ के राजदूत हर्वे डेल्फ़िन की मौजूदगी रही। यूरोपीय संघ कार्यक्रम में चुने गए 3 संस्थानों में शामिल आईआईआईटी-दिल्ली उन चुनिंदा 3 संस्थानों में शामिल रहा, जिन्हें अपने कार्यों की प्रस्तुति देने का अवसर मिला। संस्थान के फैकल्टी सदस्य डॉ जैनेंद्र ने यूरोपीय संघ समर्थित इरासम हब परियोजना की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह परियोजना भारत के 10 और यूरोप के 4 देशों के सहयोग से रोबोटिक्स और ऑटोनॉमस सिस्टम में क्षमता निर्माण को मजबूत कर रही है। संस्थान की ओर से जोशिता यादव और हार्दिक मदान को स्टूडेंट एंबेसडर बनाया गया है। भारत में यूरोपीय संघ के राजदूत हर्वे डेल्फ़िन ने कहा, यह नेटवर्क भारत और यूरोप के युवाओं तथा प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों को एक साझा मंच देता है। इससे उच्च शिक्षा, सांस्कृतिक समझ और तकनीकी अनुसंधान में सहयोग के नए अवसर विकसित होंगे।
दिल्ली में 1 जुलाई से लागू होगी नई EV पॉलिसी, मुख्यमंत्री ने किया ऐलान, जानें क्या होंगे बड़े बदलाव
दिल्ली सरकार ने नई EV Policy 2026 को मंजूरी दे दी है। 1 जुलाई से लागू होने वाली इस नीति में इलेक्ट्रिक वाहनों पर सब्सिडी, टैक्स छूट, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और पेट्रोल-डीजल वाहनों पर चरणबद्ध रोक जैसे बड़े प्रावधान शामिल हैं।
दिल्ली को प्रदूषण मुक्त और स्वच्छ परिवहन वाली राजधानी बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में दिल्ली कैबिनेट ने 'दिल्ली ईवी (इलेक्ट्रिक वाहन) नीति 2026' को मंजूरी दे दी है। उपराज्यपाल की अंतिम स्वीकृति के बाद इस महत्वाकांक्षी नीति को 1 जुलाई 2026 से लागू करने का प्रस्ताव है, जो 31 मार्च 2030 तक प्रभावी रहेगी। इस नीति का मुख्य उद्देश्य दिल्ली में जीरो एमिशन व्हीकल्स (Zero Emission Vehicles) को तेजी से बढ़ावा देना है। इस नई नीति के तहत अगले 4 सालों में दिल्ली सरकार द्वारा ₹7,000 करोड़ से अधिक का प्रत्यक्ष सरकारी निवेश किया जाएगा। इसके साथ ही, कर छूट और मजबूत ईवी अवसंरचना (इन्फ्रास्ट्रक्चर) के विकास के माध्यम से दिल्ली के नागरिकों को लगभग ₹15,000 करोड़ का समग्र लाभ मिलने की उम्मीद है, जिससे इलेक्ट्रिक वाहनों को अपनाना बेहद आसान और किफायती हो जाएगा। रोड टैक्स और रजिस्ट्रेशन शुल्क में पूरी छूट नीति के तहत सभी प्योर इलेक्ट्रिक वाहनों (Pure EVs) पर 100 प्रतिशत रोड टैक्स और रजिस्ट्रेशन शुल्क में पूरी छूट दी जाएगी। हालांकि, चार पहिया वाहनों के मामले में यह छूट केवल ₹30 लाख तक की एक्स-शोरूम कीमत वाले वाहनों पर ही लागू होगी। सरकार का यह कदम राजधानी में वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने और पर्यावरण अनुकूल परिवहन को बढ़ावा देने में साबित होगा।
लुधियाना पुलिस ने एक शातिर चोर को गिरफ्तार किया है। शेयर बाजार में हुए घाटे की भरपाई के लिए युवक चोर बन गया। कुछ दिन पहले थाना डिवीजन नंबर-1 क्षेत्र में हुई इस वारदात को पुलिस ने तकनीकी और खुफिया सुरागों की मदद से सुलझा लिया। एसीपी (सेंट्रल) अनिल कुमार भनोट ने आज मामले की विस्तृत जानकारी प्रेस के साथ साझा की। पूछताछ में आरोपी ने बड़ा खुलासा किया है। महज 22 वर्षीय यह आरोपी पेशेवर रूप से शेयर मार्केट में ट्रेडिंग का काम करता था। पिछले कुछ समय में उसे ट्रेडिंग में भारी नुकसान हुआ, जिससे उसके काफी पैसे बाजार में डूब गए थे। इसी नुकसान और कर्ज को पूरा करने के लिए उसने कथित तौर पर शॉर्टकट अपनाया। अब विस्तार से जानिए पूरा मामला:- आरोपी से पूछताछ जारी पुलिस अब आरोपी से लगातार पूछताछ कर रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या उसने शेयर बाजार में हुए नुकसान की भरपाई के लिए अन्य स्थानों पर भी इसी तरह की वारदातों को अंजाम दिया है।
हापुड़ में कार ने बाइक सवार दो को रौंदा:दिल्ली-लखनऊ हाईवे पर दो अलग-अलग हादसों में दो की मौत
हापुड़। दिल्ली-लखनऊ हाईवे पर सोमवार सुबह लगभग 6 बजे दो अलग-अलग सड़क हादसों में एक महिला और एक पुरुष की मौत हो गई। एक अनियंत्रित कार ने बाइक सवार दो लोगों को रौंद दिया, जबकि एक अन्य घटना में रोडवेज बस और प्राइवेट बस की टक्कर में कई यात्री मामूली रूप से घायल हो गए। पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर यातायात सुचारु कराया। जानकारी के अनुसार, गाजियाबाद के विजयनगर थाना क्षेत्र के बहरामपुर निवासी देव चरण (40 वर्ष) और ममता (38 वर्ष) सोमवार सुबह बाइक पर सवार होकर गढ़मुक्तेश्वर (ब्रजघाट) में गंगा स्नान के लिए जा रहे थे। NH-9 पर निजामपुर अंडरपास के ऊपर पहुंचते ही पीछे से आ रही एक अनियंत्रित कार ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। हादसे की सूचना मिलते ही कोतवाली प्रभारी निरीक्षक मनीष चौहान पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि मृतकों की पहचान गाजियाबाद के बहरामपुर निवासी देव चरण और ममता के रूप में हुई है। पुलिस ने तत्काल मृतकों के परिजनों को घटना की सूचना दी। थाना प्रभारी के मुताबिक, परिजनों के हापुड़ पहुंचने के बाद ही मामले में आगे की तहरीर और कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस फिलहाल हादसे के कारणों का पता लगाने के लिए विभिन्न बिंदुओं पर बारीकी से जांच कर रही है।
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी आज दिल्ली दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वे केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी के साथ महत्वपूर्ण बैठक करेंगे। इस बैठक में बिहार की कई बड़ी सड़क और पुल परियोजनाओं पर विस्तार से चर्चा होगी। राज्य सरकार इन परियोजनाओं के लिए केंद्र से वित्तीय स्वीकृति और आवश्यक राशि उपलब्ध कराने का अनुरोध करेगी। मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री के बीच होने वाली बैठक का सबसे महत्वपूर्ण एजेंडा करीब 15 हजार करोड़ रुपये की सड़क और पुल परियोजनाओं को गति देना है। इन परियोजनाओं के माध्यम से बिहार के सड़क नेटवर्क को मजबूत करने और आवागमन को अधिक सुगम बनाने की योजना है। चार नए रेलवे ओवरब्रिज (ROB) का प्रस्ताव बैठक में डुमराव, विक्रमगंज, सफिया सराय और जहानाबाद में नए रेलवे ओवरब्रिज (ROB) के निर्माण पर चर्चा होगी। इन परियोजनाओं के लिए केंद्र से मंजूरी और वित्तीय सहयोग मांगा जाएगा। इन पुलों के बनने से रेलवे फाटकों पर लगने वाले जाम से राहत मिलेगी और लोगों की आवाजाही आसान होगी। अरवल-बिहारशरीफ सड़क परियोजना पर जोर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी अरवल-बिहारशरीफ पथ परियोजना को भी बैठक में प्रमुखता से उठाएंगे। यह सड़क परियोजना दक्षिण और मध्य बिहार के बीच बेहतर संपर्क स्थापित करेगी, जिससे व्यापार, परिवहन और क्षेत्रीय विकास को नई गति मिलेगी। इसके साथ ही बैठक में बेतिया, समस्तीपुर और औरंगाबाद बाइपास परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा भी होगी। इन बाइपास के निर्माण से शहरों में ट्रैफिक का दबाव कम होगा और लंबी दूरी के वाहनों की आवाजाही अधिक सुगम हो सकेगी। जयनगर में कमला नदी पर दो नए पुलों का प्रस्ताव मुख्यमंत्री जयनगर में कमला नदी पर दो नए पुलों के निर्माण का प्रस्ताव भी केंद्रीय मंत्री के समक्ष रखेंगे। इन पुलों के निर्माण से मिथिलांचल क्षेत्र की कनेक्टिविटी मजबूत होगी और सीमावर्ती इलाकों के लोगों को आवागमन में बड़ी सुविधा मिलेगी। मुख्यमंत्री सभी प्रमुख परियोजनाओं के लिए केंद्र सरकार से जल्द वित्तीय स्वीकृति और आवश्यक बजट जारी करने का आग्रह करेंगे, ताकि निर्माण कार्य समय पर शुरू हो सके और विकास योजनाओं में तेजी आए। राजनीतिक रूप से भी अहम माना जा रहा दौरा मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी का यह दिल्ली दौरा केवल विकास परियोजनाओं तक सीमित नहीं माना जा रहा है। हालांकि, आधिकारिक तौर पर कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य सड़क और आधारभूत संरचना से जुड़ी परियोजनाओं की समीक्षा और उन्हें केंद्र की मंजूरी दिलाना बताया गया है। लेकिन इस दौरे के दौरान मुख्यमंत्री का कई और लोगों से मुलाकात और बैठक की भी संभावना है।
नोएडा और पूरे दिल्ली-एनसीआर (Delhi-NCR) के मौसम में रविवार को एक बड़ा और महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिला है। पिछले कई दिनों से रिकॉर्ड तोड़ गर्मी और चिलचिलाती धूप झेल रहे लोगों को शाम होते-होते राहत की ठंडी सांस मिली। आसमान में अचानक बादलों की आवाजाही शुरू हो गई और 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली तेज धूल भरी हवाओं ने वातावरण के तापमान को थोड़ा नीचे ला दिया।मौसम विभाग (IMD) ने अब नोएडा और आसपास के इलाकों के लिए एक नया और कड़ा अलर्ट जारी किया है। अगले 48 घंटों के भीतर मानसून की एंट्री के साथ ही दिल्ली-एनसीआर के मौसम का मिजाज पूरी तरह बदलने वाला है। आइए जानते हैं कि आपके शहर में बारिश कब होगी और आने वाले दिनों का पूरा वेदर फोरकास्ट क्या है।अगले 48 घंटे में बदलेगा मौसम, रविवार को 39.8C रहा पारानोएडा में रविवार को दिनभर तेज धूप और उमस का असर बना रहा, जिसके चलते अधिकतम तापमान 39.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस रहा। हालांकि, शाम को अचानक चली धूल भरी आंधी और तेज हवाओं ने झुलसाने वाली गर्मी से हल्की राहत जरूर दिलाई है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, बादलों ने अब दिल्ली-एनसीआर के आसमान में पूरी तरह डेरा डाल लिया है और आने वाले 48 घंटों में मानसून की पहली मानसूनी फुहारें जमीन को सराबोर करने के लिए तैयार हैं।30 जून से 4 जुलाई तक रहेगा आक्रामक मौसम: 60 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएंमौसम वैज्ञानिकों ने भविष्यवाणी की है कि आज, 29 जून से ही नोएडा समेत पश्चिमी यूपी के कई जिलों में प्री-मानसून गतिविधियां रफ्तार पकड़ लेंगी। लेकिन असली मानसूनी आफत और आक्रामक रूप 30 जून से लेकर 4 जुलाई 2026 तक देखने को मिलेगा।इस दौरान नोएडा, ग्रेटर नोएडा और गाजियाबाद समेत पूरे पश्चिमी उत्तर प्रदेश में गरज-चमक और भारी आंधी-तूफान का अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग के मुताबिक, इस मुख्य मानसूनी दौर में हवाओं की रफ्तार 60 किलोमीटर प्रति घंटे के खतरनाक स्तर तक पहुंच सकती है, जिससे तेज बारिश के साथ आकाशीय बिजली गिरने की भी आशंका है।चिंता का विषय: भीषण गर्मी के बीच 'अनहेल्दी' हुआ नोएडा-गाजियाबाद का AQIमौसम में आ रहे इस बदलाव के बीच एक चिंताजनक रिपोर्ट भी सामने आई है। भयंकर गर्मी और धूल भरी हवाओं के चलने के कारण नोएडा और आसपास के इलाकों का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) लगातार खराब श्रेणी में बना हुआ है। रविवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक:नोएडा का AQI: रिकॉर्ड स्तर पर बढ़ते हुए 156 दर्ज किया गया, जो स्वास्थ्य के लिहाज से बेहद 'अनहेल्दी' (अस्वस्थ) माना जाता है।गाजियाबाद का AQI: यहां भी वायु प्रदूषण का स्तर 154 दर्ज किया गया।ग्रेटर नोएडा का AQI: यह भी 150 के स्तर पर पहुंच गया।वायु प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार, हवा में धूल के कणों (PM 10) की अधिकता के कारण यह उछाल आया है। हालांकि, मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि 30 जून से शुरू होने वाली झमाझम मानसूनी बारिश के बाद हवा पूरी तरह साफ हो जाएगी और AQI में भारी सुधार देखने को मिलेगा।
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट से इस्तीफा देने के बाद महासचिव चंपत राय रविवार शाम अयोध्या से दिल्ली रवाना हो गए। वे दोपहर तीन बजे तक राम मंदिर में ही थे। सूत्रों का कहना है कि चंपत राय अब 11 जुलाई को होने वाली ट्रस्ट की बैठक में शामिल हो सकते हैं। उसी दिन उनके इस्तीफे पर विचार होना है। चंपत राय ने शुक्रवार को इस्तीफा दिया था। इधर, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) भी चढ़ावा चोरी के मामले पर नजर बनाए है। संघ प्रमुख मोहन भागवत के निर्देश पर पूर्वी यूपी के क्ष्रेत्र प्रचारक अनिल कुमार अयोध्या पहुंचे हैं। वे साधु-संतों, महंतों और मंदिर से जुड़े लोगों से मिलकर लगातार बात कर रहे हैं। सूत्रों का कहना है कि राम मंदिर ट्रस्ट में नई व्यवस्था लागू करने की तैयारी तेज हो गई है। PM मोदी के विदेश से लौटने के बाद ट्रस्ट के दोबारा गठन पर अंतिम फैसला लिया जा सकता है। इसमें अयोध्या के संतों और समाज के कई वर्गों को जिम्मेदारी देने पर मंथन चल रहा है। मोहन भागवत को रिपोर्ट सौंपेंगे क्षेत्र प्रचारक संघ के क्षेत्र प्रचारक अनिल कुमार अयोध्या में शनिवार (27 जून) से डेरा डाले हैं। उन्होंने शनिवार देर शाम राम मंदिर में 2 घंटे गुजारे। रामलला के दर्शन किए, साथ ही मंदिर के प्रमुख सेवादारों से बात भी की। इसके अलावा, अयोध्या के प्रमुख महंतों से चढ़ावा चोरी को लेकर बात की। अयोध्या में लक्ष्मण किलाधीश महंत मैथिलीरमण शरण, हनुमत निवास के महंत डॉ. मिथिलेशनंदिनी शरण, मणिराम दास छावनी के उत्तराधिकारी महंत कमलनयन दास और सरयू आरती के अध्यक्ष महंत शशिकांत दास से मिलकर उनकी राय ली। वे अभी अयोध्या में सोमवार को भी संतों-महंतों से बात करेंगे। इसके बाद अपनी रिपोर्ट बनाकर संघ प्रमुख मोहन भागवत को सौंपेंगे। इससे पहले RSS की अखिल भारतीय कार्यकारिणी के सदस्य भैयाजी जोशी (सुरेश जोशी) अयोध्या में एक रात रुके थे। यहां मंदिर से जुड़े संतों-महंतों से बात की थी। वह अपनी रिपोर्ट RSS प्रमुख को दे चुके हैं। राम मंदिर के RMO अर्जुन देव भी SIT की रडार पर 1600 कैमरों की निगरानी का जिम्मा अर्जुन देव पर था राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले की जांच में अब नया नाम सामने आया है। स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) ने राम जन्मभूमि में तैनात रेडियो ऑपरेशन अधिकारी (RMO) अर्जुन देव की भूमिका को भी जांच के दायरे में लिया है। चढ़ावे की गिनती वाले काउंटिंग रूम में लगे CCTV कैमरों की निगरानी की जिम्मेदारी अर्जुन देव के पास थी। इसके अलावा, राम जन्मभूमि में लगे करीब 1600 कैमरों की निगरानी भी अर्जुन देव के पास थी। अब निगरानी तंत्र में उनकी भूमिका की पड़ताल की जा रही है। सूत्रों के मुताबिक, रिपोर्ट में उनकी 17 साल से अयोध्या में लगातार तैनाती और ट्रस्ट के कामों में सक्रिय दखल का भी उल्लेख किया गया है। RMO अर्जुन रामलला जब टेंट में थे, तब भी CCTV का काम देखते थे। SIT के सामने अकड़ में पेश हुए अर्जुन देव काउंटिंग रूम में रामलला के चढ़ावे की गिनती CCTV कैमरों की मॉनिटरिंग में होती थी। जांच एजेंसी यह पता लगा रही है कि सुरक्षा व्यवस्था के बावजूद चढ़ावा चोरी कैसे हुई। निगरानी क्यों नहीं रखी गई। इसी आधार पर SIT ने अपनी शुरुआती 3 दिनों की जांच के दौरान अर्जुन देव से भी पूछताछ की थी। सूत्रों के अनुसार, पूछताछ के लिए बुलाए जाने पर अर्जुन देव SIT के सामने पहुंचे, ऐंठकर कुर्सी पर बैठे। उन्होंने सीधे जवाब देने के बजाय कहा कि वे अपने वकील के माध्यम से जवाब देंगे। बताया जा रहा है कि इस पर जांच अधिकारियों ने उन्हें फटकार लगाते हुए पद की गरिमा और मर्यादा का पालन करने की नसीहत दी। ट्रांसफर कई बार हुआ, लेकिन हर बार रुकवा लिया अर्जुन देव साल 2009 से लगातार अयोध्या में तैनात हैं। इस दौरान कई बार उनके ट्रांसफर के आदेश जारी हुए, लेकिन हर बार उनका ट्रांसफर रुक गया। हाल ही में लखनऊ के लिए जारी ट्रांसफर आदेश भी निरस्त कर दिया गया था। अर्जुन देव के श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के कुछ पदाधिकारियों से करीबी संबंध रहे हैं। इन्हीं संबंधों के चलते उनके तबादले बार-बार रुकते रहे। SIT ये भी पता लगा रही है कि आखिरी ट्रांसफर कौन रुकवा रहा था। बार-बार ट्रांसफर क्यों रोका गया। एक ही जिले में इतनी लंबी तैनाती का मतलब क्या था। ट्रस्ट के कामों में सक्रिय भूमिका पर भी सवाल उठे अर्जुन देव की निगरानी CCTV निगरानी के अलावा मंदिर परिसर के कंट्रोल रूम से पुलिस, पीएसी, सीआरपीएफ और अन्य सुरक्षा एजेंसियों के बीच वायरलेस संचार को बनाए रखना, ड्यूटी पर तैनात जवानों से संपर्क रखना, वीआईपी मूवमेंट और आपात स्थिति में तत्काल सूचना का आदान-प्रदान कराना भी था। सूत्रों के मुताबिक, SIT की जांच में पता चला कि अर्जुन देव केवल वायरलेस और सुरक्षा संबंधी जिम्मेदारियों तक सीमित नहीं थे। जांच में सामने आया है कि वे VIP दर्शन व्यवस्था में ट्रस्ट की कई प्रशासनिक गतिविधियों में भी सक्रिय भूमिका निभाते रहे। इसी कारण उनकी कार्यशैली और अधिकार क्षेत्र से बाहर की गतिविधियों पर भी सवाल उठाए गए हैं। दो साल पहले अर्जुन देव ने शंकराचार्य को दर्शन से रोक दिया था करीब दो साल पहले अर्जुन देव उस समय भी चर्चा में आए थे, जब उन्होंने शंकराचार्य स्वामी वासुदेवानंद सरस्वती और उनके सुरक्षाकर्मियों को रामलला के दर्शन के दौरान रोक दिया था। क्योंकि शंकराचार्य राम मंदिर आंदोलन से जुड़े हुए हैं। इसलिए वे अपने पद और मर्यादा के अनुसार अपने सहयोगियों, सुरक्षा कर्मियों के साथ दर्शन करना चाह रहे थे। बताया जाता है कि सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए उन्होंने सीमित लोगों को ही प्रवेश की अनुमति दी थी। इस घटना के बाद शंकराचार्य नाराज होकर बिना दर्शन किए लौट गए थे। उस समय भी उनके व्यवहार को लेकर सवाल उठे थे। ------------------------------- ये खबर भी पढ़िए… राममंदिर चढ़ावा चोरी-8 आरोपियों के घर पुलिस की एकसाथ छापेमारी: टिन्नू के घर अलमारी-बक्से खंगाले; अनुकल्प के यहां डायरी मिली राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में जेल में बंद 8 आरोपियों के घरों पर रविवार सुबह 7 बजे पुलिस की 8 टीमों ने एक साथ छापेमारी की। इस दौरान 3 आरोपियों के घर पर ताला लगा था। पुलिस ने पड़ोसियों से सवाल-जवाब किए। चंपत राय के करीबी रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू के घर पर ताला लगा मिला। आरोपी अनुकल्प मिश्रा के घर पर भी छापेमारी हुई। पढ़ें पूरी खबर...
मेरा बेटा चार साल से घर नहीं आया है। आखिरी बार वह अपनी मां के अंतिम संस्कार में आया था, वह भी सिर्फ 15 मिनट के लिए। पुलिस के डर से वह तुरंत वहां से चला गया था। पहली बार 2011 के TET परीक्षा पेपर लीक मामले में उसका नाम सामने आया था। इसके बाद से हमारा उससे कोई संपर्क नहीं है। ये बातें समस्तीपुर में पेपर लीक मास्टरमाइंड बिजेंद्र गुप्ता के पिता बालेश्वर साह ने कहीं। ये वही बिजेंद्र गुप्ता है, जिसका नाम मुंबई में TET परीक्षा के दौरान पेपर लीक मामले में सामने आया है। यह परीक्षा 28 जून को हुई थी। गांव में चर्चा है कि अवैध कमाई के जरिए बिजेंद्र ने करोड़ों की संपत्ति बनाई है। उसने पटना और दिल्ली में फ्लैट भी खरीदे हैं। परिजनों का कहना है कि कानूनी विवादों से बचने के लिए उन्होंने उससे नाता तोड़ लिया है। मास्टरमाइंड की पूरी कहानी जानें, कहां से पढ़ाई की, कैसे नेटवर्क से जुड़ा और मुंबई तक कैसे पहुंचा, पढ़िए पूरी रिपोर्ट…. मास्टरमाइंट के घर की तस्वीर… मास्टरमाइंट भाइयों में सबसे छोटा, एक भाई कर्ज लेकर फरार बिजेंद्र के पिता बालेश्वर साह ने पहले अपने बेटे के बारे में कुछ भी बताने से इनकार कर दिया। हालांकि, आग्रह करने पर वे परिवार और आरोपी बेटे के बारे में बात करने के लिए तैयार हुए। बालेश्वर साह ने कहा, मैं गांव में तेल पिराई का काम करता हूं। बिजेंद्र चार भाइयों में सबसे छोटा है। सबसे बड़ा भाई बमबम उर्फ बमभोला साह गांव में किराना की दुकान चलाता है। दूसरा भाई रामबाबू साह आटा चक्की चलाता है। तीसरा भाई जितेंद्र साह विद्यापतिनगर के मऊ बाजार में तेल पिराई का काम करता था, लेकिन वह फिलहाल फरार है। उसने गांव के लोगों से कर्ज ले रखा है। तगादे के कारण वह गांव छोड़कर चला गया। उसके बच्चे अब भी गांव में ही रहते हैं। बेगूसराय में ग्रेजुएशन करने के बाद पटना गया था पुलिस सूत्रों के अनुसार, बिजेंद्र 2011 में बेगूसराय से पटना पहुंचा और पेपर लीक कराने वाले गिरोह से जुड़ गया। इसी दौरान उसकी पहचान सरकारी नौकरियों में सेटिंग कराने वाले रंजीत डॉन से हुई। सूत्रों का दावा है कि इसके बाद बिजेंद्र कम समय में ज्यादा पैसा कमाने के लालच में पड़ गया। इसी वजह से उसने कोई नियमित नौकरी नहीं की और शॉर्टकट के चक्कर में अवैध गतिविधियों से जुड़ता चला गया। सोशल मीडिया से खुद को किया दूर पिता बालेश्वर साह ने बताया, हमारे घर में चार कमरे हैं। इनमें बिजेंद्र के तीन भाइयों का परिवार रहता है। एक कमरे में ताला लगा हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि जब भी बिजेंद्र घर आता था, तो उसी कमरे में ठहरता था। वहीं, गांव में यह भी चर्चा है कि जांच एजेंसियों और पुलिस की नजर से बचने के लिए उसने खुद को सोशल मीडिया से भी दूर कर लिया। बिजेंद्र अपना ठिकाना बदलता रहता है गांव वालों ने नाम न बताने की शर्त पर कहा कि बिजेंद्र ने बेगूसराय की लड़की से इंटरकास्ट मैरिज की थी। उसकी पत्नी आजतक गांव नहीं आई है। बिजेंद्र कभी पटना तो कभी दिल्ली में रहता है। हमेशा अपना ठिकाना बदलता रहता है। बिजेंद्र फरार, उसके 3 साथियों को मुंबई पुलिस ने गिरफ्तार किया है दरअसल, बिहार पुलिस जिस परीक्षा माफिया को फरार मान रही है, उसका नाम महाराष्ट्र शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) के 28 जून को आयोजित पेपर लीक मामले में भी सामने आया है। महाराष्ट्र पुलिस ने मामले में बिजेंद्र के तीन कथित साथियों- बिहार के राजीव शॉ, आकाश कुमार और हरियाणा के धीरज सिंह को गिरफ्तार किया था। पुलिस के अनुसार, तीनों दिल्ली से TET परीक्षा का प्रश्नपत्र लेकर महाराष्ट्र के भिवंडी पहुंचे थे। आरोप है कि वे प्रश्नपत्र को करीब डेढ़ करोड़ रुपए में बेचने की तैयारी कर रहे थे। शनिवार को महाराष्ट्र पुलिस को इसकी सूचना मिली, जिसके बाद पुलिस कमिश्नर पवन बनसोड के नेतृत्व में कार्रवाई कर तीनों को गिरफ्तार कर लिया गया। 25 साल से पेपर लीक का नेटवर्क चला रहा पटना पुलिस जिस बिजेंद्र गुप्ता को पिछले 4 सालों से गिरफ्तार नहीं कर सकी, अब उसका नाम अब महाराष्ट्र TET पेपर लीक मामले में भी सामने आया है। आरोप है कि वह देशभर में पेपर लीक कराने वाले नेटवर्क का संचालन करता है। बिजेंद्र गुप्ता पहले से ही कई मामलों में आरोपी है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, वह करीब 25 सालों से परीक्षा माफिया के नेटवर्क से जुड़ा हुआ बताया जाता है।
पानीपत जिले के गांव बुआना लाखु के अंशुमान मलिक ने केंद्रीय विद्यालय संगठन दिल्ली रीजनल स्पोर्ट्स मीट में शानदार प्रदर्शन किया है। उन्होंने तैराकी प्रतियोगिता में 2 स्वर्ण और एक रजत पदक जीतकर राष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए क्वालीफाई कर लिया है। यह रीजनल स्पोर्ट्स मीट 23 जून से 27 जून तक दिल्ली में आयोजित की गई थी। अंशुमान, जो युवा कोच कुलदीप मलिक के पुत्र हैं, ने अपनी कड़ी मेहनत और उत्कृष्ट खेल प्रतिभा के दम पर यह उपलब्धि हासिल की। 2 गोल्ड समेत 3 मेडल जीते इस प्रतियोगिता में अंशुमान मलिक ने 2 स्वर्ण पदक और एक रजत पदक जीतकर अपने परिवार, गांव और जिले का नाम रोशन किया। उनके इस प्रदर्शन ने उन्हें आगामी राष्ट्रीय तैराकी प्रतियोगिता में भाग लेने का अवसर दिया है। राष्ट्रीय प्रतियोगिता का आयोजन सितंबर माह में होगा, जिसमें अंशुमान हरियाणा राज्य का प्रतिनिधित्व करेंगे। उनका अगला लक्ष्य इस राष्ट्रीय मंच पर भी उत्कृष्ट प्रदर्शन करना है। लोगों ने परिवार को दी बधाई अंशुमान मलिक की इस सफलता से गांव बुआना लाखु में खुशी का माहौल है। दादा लाखु स्पोर्ट्स और सोशल संगठन सहित समस्त ग्राम वासियों ने अंशुमान और उनके परिवार को बधाई दी है और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की है। गांव के लोगों ने विश्वास व्यक्त किया है कि अंशुमान राष्ट्रीय प्रतियोगिता में भी शानदार प्रदर्शन कर प्रदेश और देश का नाम रोशन करेंगे। बुआना लाखु गांव अब खेलों का एक प्रमुख केंद्र बनता जा रहा है, जहां से कई खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेल चुके हैं।
दक्षिण दिल्ली से भाजपा सांसद रामवीर सिंह बिधूड़ी ने दिल्ली की झुग्गी-झोंपड़ी (JJ) कॉलोनियों के विकास को लेकर आम आदमी पार्टी पर बड़ा हमला बोला है। बिधूड़ी ने कहा कि जो काम केजरीवाल सरकार 11 साल में नहीं कर पाई, उसे दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की भाजपा सरकार ने महज 11 महीने में न सिर्फ प्लान किया, बल्कि जमीन पर लागू भी कर दिया है। सांसद बिधूड़ी ने बताया कि दिल्ली में भाजपा सरकार ने झुग्गी बस्तियों के कायाकल्प और विकास कार्यों के लिए 700 करोड़ रुपए का भारी-भरकम बजट मंजूर किया है। इस राशि से झुग्गियों में रहने वाले लोगों को सम्मानजनक जीवन जीने के लिए सभी जरूरी सुविधाएं दी जाएंगी। ओखला में बनेगा सबसे बड़ा जन सुविधा परिसर सांसद बिधूड़ी ने तुगलकाबाद विधानसभा क्षेत्र के सबसे बड़े झुग्गी कैंप 'इंदिरा कल्याण विहार' (ओखला फेज-1) में एक बड़े प्रोजेक्ट का शिलान्यास किया। इस जन सुविधा परिसर को बनाने में 66 लाख रुपए खर्च होंगे। इसमें कुल 60 सीटें बनाई जा रही हैं, जिनमें 30 पुरुषों और 30 महिलाओं के लिए होंगी। बिधूड़ी ने इस बड़े प्रोजेक्ट के लिए फंड जारी करने पर क्षेत्रवासियों की तरफ से मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का आभार जताया। मोलडबंद में ₹1.5 करोड़ से बनेंगी सड़कें और नालियां झुग्गी बस्तियों के अलावा दिल्ली के अन्य इलाकों में भी इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत किया जा रहा है। बिधूड़ी ने मोलडबंद विस्तार के मेन खजूर रोड पर 1.5 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाली सड़क और नालियों के निर्माण कार्य का भी शिलान्यास किया। इस मौके पर स्थानीय विधायक रामसिंह नेताजी, निगम पार्षद हेमचंद गोयल और आरडब्ल्यूए के पदाधिकारी मौजूद रहे।
राजधानी के साउथ ईस्ट जिले से एक बेहद दर्दनाक और झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। कालकाजी एक्सटेंशन स्थित आशा किरण अपार्टमेंट की 10वीं मंजिल की बालकनी से गिरकर एक 5 वर्षीय मासूम बच्ची की मौत हो गई। घटना के बाद से ही पूरे इलाके में मातम पसरा हुआ है। स्थानीय लोगों में इस हादसे को लेकर गहरा दुख और गुस्सा है। लोगों का कहना है कि अगर बालकनियों में सुरक्षा जाली लगी होती, तो आज इस मासूम की जान नहीं जाती। सोकर उठी थी बच्ची, मां को तलाशते हुए बालकनी तक पहुंची हादसे के वक्त मासूम घर में सो रही थी। पड़ोसियों ने घटना को लेकर जो बताया, वह बेहद भावुक करने वाला है। सोकर उठने के बाद बच्ची को जब सामने मां नहीं दिखी, तो वह उसे तलाशने लगी। मां को ढूंढते-ढूंढते वह बालकनी में चली गई। वहां से नीचे झांकने के दौरान उसका संतुलन बिगड़ा और वह सीधे 10वीं मंजिल से नीचे आ गिरी। पड़ोसी समीर ने बताया कि घटना के तुरंत बाद बच्ची को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही रास्ते में उसने दम तोड़ दिया। पड़ोसी तपन कुमार ने बताया— बच्ची गहरी नींद में सोई हुई थी। अचानक आंख खुली तो मां को न पाकर वह घबरा गई और बालकनी की तरफ चली गई, जहां यह भयानक हादसा हो गया। बच्ची के पिता का नाम मिथुन दास है, जो गोविंदपुरी इलाके में मछली की दुकान चलाते हैं। परिवार में माता-पिता के अलावा अन्य सदस्य भी हैं, जिनका रो-रोकर बुरा हाल है। कालकाजी थाना पुलिस ने मासूम के शव को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल की मोर्चरी में सुरक्षित रखवा दिया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर परिजनों और आस-पास के लोगों से पूछताछ शुरू कर दी है। अपार्टमेंट के लोगों की मांग: ‘तत्काल पुख्ता हो सुरक्षा’ इस दर्दनाक हादसे के बाद अपार्टमेंट के निवासियों ने हाईराइज बिल्डिंग्स में बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि भविष्य में ऐसी किसी भी घटना को रोकने के लिए सभी बालकनियों में तत्काल सुरक्षा जाली (Safety Net) या ग्रिल अनिवार्य की जाए। आरडब्ल्यूए (RWA) और प्रशासन मिलकर ऊंची इमारतों के लिए कड़े सेफ्टी गाइडलाइंस जारी करें।
खंडवा के किसानों ने मथुरा के एक व्यापारी को दिल्ली जाकर दबोच लिया। उसे पकड़कर रविवार को खंडवा के पंधाना थाने लाया गया। जहां उससे बकाया राशि वसूलने के लिए पहले FIR की धमकी दी, तब व्यापारी ने बेटे से 5 लाख रुपए किसानों के खाते में डलवाए और बचे 25 लाख रुपए के लिए बेटे को चेकबुक लेकर खंडवा बुलाया है। दरअसल, पंधाना क्षेत्र के करीब 25 अरबी उत्पादक किसानों ने स्थानीय व्यापारियों की मार्फत मथुरा के रहने वाले व्यापारी रमनसिंह को उपज बेची थी। उपज का करीब 30 लाख रुपए लंबे समय से रमनसिंह पर बकाया चल रहा था। उसने किसान और अरबी व्यापार से जुड़े लोगों से संपर्क तोड़ लिया था। इसके बाद कुछ किसानों ने रूपए लेने के हिम्मत जुटाई और व्यापारी रमनसिंह की तलाश में दिल्ली निकल गए। करीब चार दिन की मशक्कत के बाद रमनसिंह हाथ आया। पूरी राशि लौटाने का वादा कियाकिसानों ने दिल्ली में बातचीत की बजाय रमनसिंह को ट्रेन में बैठाया और खंडवा के लिए निकल गए। उसे पंधाना पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस कार्रवाई के दौरान रमनसिंह ने पूरी बकाया राशि लौटाने का वादा किया। उसने बेटे को फोन 5 लाख रुपए किसानों के खाते में डलवाए। आश्वस्त किया कि बाकी की रकम वह महीनेभर के भीतर चुकता कर देगा। बदले में चेक देगा, इसलिए बेटे को मथुरा से चेकबुक लेकर खंडवा बुलाया है। ग्राम माकरला के किसान ताराचंद पटेल के 3 लाख 58 हजार रुपए बाकी थे। फिलहाल पुलिस ने केस दर्ज नहीं किया है।

