दिल्ली सरकार बनाएगी अपनी SDRF, सत्य निकेतन हादसे के बाद बड़ा फैसला
दिल्ली सरकार ने अपनी 'स्टेट डिजास्टर रिस्पॉन्स फोर्स' गठित करने की योजना बनाई है. दिल्ली में करीब 1,100 जवानों की एक SDRF बटालियन गठित की जाएगी. SDRF के इन जवानों को आपदा प्रबंधन, राहत अभियानों और आपातकालीन बचाव कार्यों के लिए विशेष प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा.
सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को CJP विरोध-प्रदर्शनों से जुड़ी 14 साल की लड़की को डराने-धमकाने और उसके घर पर कथित तौर पर पत्थर फेंके जाने के आरोपों पर गंभीरता से संज्ञान लिया। कोर्ट ने कहा कि आपराधिक कार्यवाही को आगे बढ़ाने के लिए किसी नाबालिग या उसके परिवार को डराने-धमकाने की इजाज़त नहीं दी जा सकती। भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्य कांत और जस्टिस जॉयमाल्य बागची और वी. मोहना की बेंच ने कहा कि नाबालिग को धमकी देने के आरोपों को नज़रअंदाज़ नहीं किया जा सकता। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि आपराधिक कार्यवाही को आगे बढ़ाने के लिए किसी पीड़ित या उसके परिवार को डराने-धमकाने की इजाज़त नहीं दी जा सकती। इसे भी पढ़ें: Delhi Building Safety: सुप्रीम कोर्ट सख्त, MCD और दिल्ली सरकार से मांगी इमारतों के निरीक्षण की Status Report CJI ने आरोपों पर गंभीरता से संज्ञान लेते हुए कहा, अगर कोई असामाजिक तत्व हैं जिन्होंने किसी बच्चे के ख़िलाफ़ हिंसा की है, और वे आज़ाद घूम रहे हैं और बच्चे को डराने-धमकाने की कोशिश कर रहे हैं, तो यह एक गंभीर बात हो सकती है। यह मामला जायज़ है। इस पर कोई दो राय नहीं हो सकती। यह मामला छात्र विरोध प्रदर्शन केस की सुनवाई के दौरान तब उठा, जब वकील ने बेंच का ध्यान एक वीडियो की ओर दिलाया। इस वीडियो में एक व्यक्ति ने कथित तौर पर CJP विरोध प्रदर्शन के दौरान लड़की के पिता पर हमले की ज़िम्मेदारी ली थी। सुप्रीम कोर्ट ने उत्तर प्रदेश और दिल्ली से FIR, लड़की और उसके परिवार की सुरक्षा व्यवस्था, और हमले व डराने-धमकाने के आरोपियों के खिलाफ उठाए गए कदमों के बारे में स्टेटस रिपोर्ट मांगी। बेंच ने सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता से यह सुनिश्चित करने को भी कहा कि FIR पर तेज़ी से कार्रवाई हो और नाबालिग लड़की व उसके परिवार को पर्याप्त सुरक्षा दी जाए। कोर्ट ने कहा कि सुरक्षा के उपाय किए जा सकते हैं और स्थानीय पुलिस इस घटना को एक अलग मामले के तौर पर देख सकती है। CJI ने सॉलिसिटर जनरल से कहा, बच्चा तो बच्चा ही होता है। बच्चे की सुरक्षा के लिए कुछ उपाय किए जा सकते हैं। स्थानीय पुलिस इस घटना को एक अलग मामले के तौर पर ले सकती है। इसे भी पढ़ें: Supreme Court ने Delhi Metro के 17 स्टेशन बंद करने पर केंद्र और DMRC से मांगा जवाब सॉलिसिटर जनरल ने कहा कि उन्हें बच्चे की सोशल मीडिया पोस्ट से इस मामले की जानकारी थी। इस बीच, सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने सुप्रीम कोर्ट को यह भी बताया कि ग्रेटर नोएडा के एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट को सस्पेंड कर दिया गया है। उन्होंने एक छात्र को कारण बताओ नोटिस जारी कर CJP के विरोध प्रदर्शन के लिए कथित अभियान चलाने के आरोप में 5 लाख रुपये का पर्सनल बॉन्ड भरने को कहा था।
New Delhi, 10 सितंबर . India के प्रसिद्ध सामाजिक कार्यकर्ता, सुधारक, राजनेता और आर्य समाजी स्वामी अग्निवेश का संघर्षपूर्ण जीवन और बंधुआ मजदूरी के खिलाफ अभियान आज भी लाखों लोगों को प्रेरित करता है. अपना पूरा जीवन सामाजिक न्याय, जातिवाद उन्मूलन और मानवाधिकारों की रक्षा में समर्पित कर देने वाले स्वामी अग्निवेश ने 2020 में ... Read more
New Delhi, 10 सितंबर . राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम’ को लेकर भाजपा और कांग्रेस के बीच सियासी टकराव तेज हो गया है. Lok Sabha में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की टिप्पणी के बाद Thursday को कांग्रेस ने उन पर तीखा हमला बोला, जबकि भाजपा नेताओं ने अपनी पार्टी ... Read more
एशियन गेम्स में भारत की सफलता का राज, इन खेलों ने दिलाई सबसे बड़ी कामयाबी
New Delhi, 10 सितंबर . चार साल में एक बार आयोजित होने वाले ‘एशियन गेम्स’ की शुरुआत साल 1951 में हुई थी, जिसका पहला संस्करण India की राजधानी New Delhi में आयोजित हुआ था. India ने अब तक दो बार (साल 1951 और 1982) में इन खेलों की मेजबानी की है. एशियन गेम्स में सर्वाधिक ... Read more
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को पेरिस में इंटरनेशनल स्पेस समिट में भारतीय स्पेस सेक्टर और इंडियन स्पेस रिसर्च ऑर्गनाइज़ेशन (ISRO) की तारीफ़ की और ग्लोबल सहयोग व सस्टेनेबिलिटी (टिकाऊपन) पर ज़ोर दिया। समिट को वर्चुअली संबोधित करते हुए, पीएम मोदी ने 'वसुधैव कुटुंबकम' का संदेश दिया और स्पेस की खोज, इनोवेशन और सुरक्षा में सहयोग का आह्वान किया। ISRO पर दुनिया के भरोसे की तारीफ़ करते हुए उन्होंने बताया कि 34 देशों के 430 से ज़्यादा सैटेलाइट भारतीय रॉकेट से स्पेस में भेजे गए हैं। प्रधानमंत्री ने कहा, सदियों से स्पेस ने हमारी कल्पना को प्रेरित किया है। आज, यह पृथ्वी पर जीवन को बदल रहा है - मौसम और फ़सलों से लेकर महासागरों और समुदायों तक। स्पेस की संभावनाएं अनंत हैं। हमारी ज़िम्मेदारी सामूहिक है। जैसे-जैसे ऑर्बिट में भीड़ बढ़ रही है, टेक्नोलॉजी ज़्यादा शक्तिशाली हो रही है और इसमें शामिल होने वाले लोग बढ़ रहे हैं, हमारे फ़ैसले साफ़ होने चाहिए: टकराव के बजाय सहयोग, थोड़े समय के फ़ायदे के बजाय सस्टेनेबिलिटी, और अलग-थलग करने के बजाय सबको साथ लेकर चलना। भारत का नज़रिया 'वसुधैव कुटुंबकम' पर आधारित है, यानी एक पृथ्वी, एक परिवार, एक भविष्य। यह भावना अब पृथ्वी से आगे जानी चाहिए। इसे भी पढ़ें: Beijing की मुहर: PM Modi के निमंत्रण पर Delhi आएंगे President Xi Jinping, BRICS Summit में क्या सुलझेगा रिश्तों का तनाव? उन्होंने कहा कि भारत स्पेस सेक्टर में सुरक्षित और सस्टेनेबल विकास का समर्थन करता है, जो बातचीत और मल्टीलेटरल सहयोग पर आधारित है। हम अंतरराष्ट्रीय कानून, बातचीत और मल्टीलेटरल सहयोग पर आधारित एक सुरक्षित, शांतिपूर्ण और सस्टेनेबल स्पेस डोमेन का समर्थन करते हैं। वैज्ञानिक डेटा का इस्तेमाल खुलेपन और ईमानदारी के साथ आम भलाई के लिए किया जाना चाहिए। भारत की स्पेस यात्रा इसी सोच को दिखाती है; ISRO, जो इस यात्रा के केंद्र में है, ने अपनी बेहतरीन परफ़ॉर्मेंस और कम लागत वाले मिशनों के लिए दुनिया भर में तारीफ़ पाई है। इसकी क्षमताएं किसानों और मछुआरों, मौसम की भविष्यवाणी, आपदा प्रबंधन और नेविगेशन में मदद करती हैं। 34 देशों के 430 से ज़्यादा सैटेलाइट भारतीय रॉकेट से स्पेस में भेजे गए हैं। ISRO की टेक्नोलॉजी और पार्टनरशिप न सिर्फ़ भारत, बल्कि पूरी दुनिया के काम आती है। इस ग्लोबल भरोसे के पीछे भारतीय वैज्ञानिकों, इंजीनियरों और टेक्नीशियनों का समर्पण और कड़ी मेहनत है। इसे भी पढ़ें: PM Modi ने सुरक्षित व सतत Space Sector की वकालत की, ISRO की वैश्विक भूमिका को सराहा प्राइवेट सेक्टर के योगदान पर ज़ोर देते हुए उन्होंने कहा, भारत का प्राइवेट स्पेस सेक्टर भी तेज़ी से आगे बढ़ रहा है। एंटरप्राइज़ की ऊर्जा ISRO की उत्कृष्टता के साथ जुड़ रही है। 1960 के दशक में थुम्बा में भारतीय स्पेस प्रोग्राम की शुरुआत के समय से ही फ्रांस एक भरोसेमंद पार्टनर रहा है। हम फ्रांस और दुनिया को भारत के अगले स्पेस मिशन में साथ आने के लिए आमंत्रित करते हैं। पेरिस में हो रहा स्पेस समिट एक साफ़ संदेश दे: हम मिलकर खोज करेंगे, मिलकर इनोवेशन करेंगे और पूरी मानवता और आने वाली पीढ़ियों के लिए मिलकर स्पेस की रक्षा करेंगे।
चीनी विदेश मंत्रालय ने गुरुवार को पुष्टि की कि चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग 12 से 13 सितंबर तक राष्ट्रीय राजधानी में होने वाले 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में शामिल होंगे। इस बड़े बहुपक्षीय सम्मेलन के दौरान भारत और चीन के बीच होने वाली बातचीत पर सबकी नज़रें टिकी होंगी। चीनी विदेश मंत्रालय के बयान के मुताबिक, राष्ट्रपति शी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निमंत्रण पर शिखर सम्मेलन के लिए भारत आएंगे। बयान में कहा गया, भारत गणराज्य के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निमंत्रण पर, राष्ट्रपति शी जिनपिंग 12 से 13 सितंबर तक नई दिल्ली में 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे। यह पुष्टि बीजिंग की तरफ से समिट में शामिल होने को लेकर हफ़्तों से चल रही अटकलों और नई दिल्ली व बीजिंग के बीच फिर से शुरू हुई कूटनीतिक बातचीत के संकेतों के बीच आई है। भारत 12 और 13 सितंबर को भारत मंडपम में 18वें ब्रिक्स लीडर्स समिट की मेज़बानी कर रहा है। इस बढ़े हुए ग्रुप के व्यापार और वित्तीय सहयोग से लेकर टेक्नोलॉजी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, एनर्जी सिक्योरिटी, क्लाइमेट एक्शन और ग्लोबल संस्थाओं में सुधार जैसे मुद्दों पर चर्चा करने की उम्मीद है। इसे भी पढ़ें: BRICS Summit से पहले जानिए 4 देशों से 11 सदस्यों तक कैसे पहुंचा यह आर्थिक समूह शी का यह दौरा इसलिए भी खास है क्योंकि 2019 में दूसरे भारत-चीन अनौपचारिक समिट के लिए मल्लापुरम में प्रधानमंत्री मोदी के साथ हुई अनौपचारिक बैठक के बाद यह उनकी भारत की पहली यात्रा होगी। यह दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब दोनों पक्ष 'लाइन ऑफ़ एक्चुअल कंट्रोल' (LAC) पर सालों से चले आ रहे तनाव के बाद द्विपक्षीय संबंधों को स्थिर करने की कोशिश कर रहे हैं। इसलिए, ब्रिक्स समिट के दौरान पीएम मोदी और राष्ट्रपति शी के बीच किसी भी तरह की बातचीत पर कूटनीतिक नज़रें टिकी होंगी। चीन की तरफ से पुष्टि होने से पहले, चीन में भारत के राजदूत विक्रम दोराईस्वामी ने दोनों एशियाई ताकतों के बीच सहयोग को और गहरा करने के लिए भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता का इस्तेमाल करने पर ज़ोर दिया था। चीनी अख़बार 'ग्लोबल टाइम्स' में छपे एक लेख में दोराईस्वामी ने कहा कि दुनिया की सबसे ज़्यादा आबादी वाली उभरती अर्थव्यवस्थाओं में से दो होने के नाते, भारत और चीन के लिए स्थिर संबंध बनाए रखना साझा हित की बात है। उन्होंने स्थिर, अनुमान लगाने योग्य और दोस्ताना भारत-चीन संबंधों को न केवल उनकी कुल 2.8 अरब आबादी के लिए, बल्कि वैश्विक शांति, स्थिरता और समृद्धि के लिए भी महत्वपूर्ण बताया।
सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को MCD और दिल्ली सरकार से उन इंस्पेक्शन की रिपोर्ट मांगी जो बिल्डिंग गिरने और आग लगने की घटनाओं के बारे में कोर्ट के पहले के आदेशों के तहत किए गए थे। साथ ही, कोर्ट ने दिल्ली हाई कोर्ट से कहा कि वह सत्य निकेतन में बिल्डिंग गिरने की दुखद घटना से जुड़ी कार्यवाही की निगरानी जारी रखे; इस घटना में सात लोगों की मौत हो गई थी और 12 लोग घायल हुए थे। जस्टिस अहसानुद्दीन अमानुल्लाह और जस्टिस आर. महादेवन की बेंच ने अधिकारियों द्वारा पहले के आदेशों के तहत उठाए जा रहे कदमों का संज्ञान लिया और सभी पक्षों को अपनी-अपनी रिपोर्ट कोर्ट में दाखिल करने का निर्देश दिया। यह कार्यवाही मोती बाग के पास सत्य निकेतन में बिल्डिंग गिरने की घटना से जुड़ी है। इसके बाद दिल्ली हाई कोर्ट ने कई निर्देश जारी किए थे, जिनमें MCD से पेइंग गेस्ट (PG) अकोमोडेशन और हॉस्टल की सुरक्षा से जुड़ी कवायद करने के लिए कहा गया था। इसे भी पढ़ें: Delhi High Court का सख्त आदेश: CJP को 24 घंटे में हटाने होंगे Gaurav Bhatia के खिलाफ पोस्ट अमिकस क्यूरी और सीनियर एडवोकेट अजीत कुमार ने कहा कि यह प्रक्रिया सही दिशा में आगे बढ़ रही है, लेकिन उन्होंने यह भी कहा कि हाई कोर्ट में चल रही कार्यवाही सिर्फ़ PG अकोमोडेशन की सुरक्षा तक ही सीमित नहीं लगनी चाहिए। उन्होंने बताया कि दिल्ली के चार इलाकों और लखनऊ के अली गंज में निरीक्षण किए गए थे। इससे पहले दिए गए निर्देशों में दिल्ली के लाजपत नगर, साकेत, मालवीय नगर और सरोजिनी नगर शामिल थे। अमिकस ने सुझाव दिया कि दिल्ली हाई कोर्ट में लंबित कार्यवाही को सुप्रीम कोर्ट में ट्रांसफर किया जा सकता है और मौजूदा कार्यवाही के साथ जोड़ा जा सकता है। इसके अलावा, उन्होंने सुझाव दिया कि हाई कोर्ट की कार्यवाही जारी रहने दी जाए, और सुप्रीम कोर्ट के 25 मार्च, 2026 और 5 अगस्त, 2026 के आदेशों के अनुसार सुप्रीम कोर्ट में एक रिपोर्ट दाखिल की जाए। इसे भी पढ़ें: Supreme Court ने Delhi Metro के 17 स्टेशन बंद करने पर केंद्र और DMRC से मांगा जवाब बेंच ने बाद वाला सुझाव मान लिया और कहा कि वह हाई कोर्ट में चल रही कार्यवाही में दखल नहीं देना चाहती। बेंच ने कहा, हम हाई कोर्ट के सामने चल रही कार्यवाही में दखल नहीं देना चाहते। हम उनसे अनुरोध करते हैं कि वे मामले पर नज़र रखें और इसे किसी नतीजे तक पहुँचाएँ। सुप्रीम कोर्ट ने साफ़ किया कि उसकी मौजूदा कार्यवाही दिल्ली में पहचाने गए खास इलाकों या लखनऊ तक ही सीमित नहीं है। दिल्ली सरकार और MCD की ओर से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता पेश हुए।
New Delhi, 10 सितंबर . एक सैनिक जिसकी शहादत 1968 में हो चुकी है, उसके बावजूद वो India की सीमा की सुरक्षा करता है. यह सिर्फ आम लोगों की धारणा नहीं है बल्कि भारतीय सेना के साथ-साथ चीन की सेना का भी विश्वास है. यह कहानी है भारतीय सेना के एक सम्मानित सिपाही बाबा हरभजन ... Read more
ब्रिक्स समिट: शी जिनपिंग का दो दिवसीय भारत दौरा तय, चीनी विदेश मंत्रालय ने की पुष्टि
बीजिंग, 10 सितंबर . चीन के President शी जिनपिंग इस हफ्ते के अंत में दो दिनों के लिए India दौरे पर पहुंचेंगे. दरअसल India की राष्ट्रीय राजधानी New Delhi में 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन का आयोजन हो रहा है. चीन के विदेश मंत्रालय ने Thursday दोपहर को President जिनपिंग के India दौरे की जानकारी दी. ... Read more
New Delhi, 10 सितंबर . India के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली ने Thursday को दलीप ट्रॉफी का खिताब जीतने पर कप्तान ईशान किशन और ईस्ट जोन को बधाई दी है. उन्होंने टीम के बिना कोई मैच हारे टूर्नामेंट जीतने के सफर और बंगाल के खिलाड़ियों के योगदान की तारीफ की. गांगुली ने अपने social media ... Read more
प्रिंस रहीम आगा खान पंचम से मिले उप-राष्ट्रपति राधाकृष्णन, कट्टरपंथ के खात्मे को लेकर हुई सार्थक बात
New Delhi, 10 सितंबर . India के उप-President सीपी राधाकृष्णन ने Thursday को इस्माइली समुदाय के 50वें इमाम प्रिंस रहीम आगा खान पंचम से मुलाकात की. दोनों के बीच उप-President भवन में अहम बातचीत भी हुई. विदेश मंत्रालय के अनुसार, आगा खान पंचम की यह India यात्रा उपPresident सीपी राधाकृष्णन के निमंत्रण पर हो रही ... Read more
ब्रिक्स शिखर सम्मेलन को लेकर दिल्ली में बढ़ सकता है जाम, कई रास्ते डायवर्ट
New Delhi, 10 सितंबर . India 12 और 13 सितंबर को 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की मेजबानी करने जा रहा है. ऐसे में राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में कई मार्गों पर अस्थायी ट्रैफिक प्रतिबंध और जाम की स्थिति देखने को मिल सकती है. हालांकि, इन व्यवधानों को केवल ट्रैफिक की परेशानी के तौर पर नहीं, बल्कि ... Read more
भारत और रूस ने यात्री विमानों के संयुक्त उत्पादन पर की चर्चा
New Delhi, 10 सितंबर . India के नागर विमानन मंत्री राम मोहन नायडू ने Thursday को रूस के उद्योग एवं व्यापार मंत्री एंटोन अलीखानोव के साथ India की क्षेत्रीय हवाई कनेक्टिविटी की मांग को पूरा करने के लिए सिविल यात्री विमानों के संयुक्त निर्माण पर चर्चा की. नायडू ने social media प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर एक ... Read more
Supreme Court ने Delhi Metro के 17 स्टेशन बंद करने पर केंद्र और DMRC से मांगा जवाब
उच्चतम न्यायालय ने दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) के प्रदर्शन के दौरान 17 मेट्रो स्टेशनों को बंद किए जाने के खिलाफ दायर याचिका पर बृहस्पतिवार को केंद्र, दिल्ली पुलिस और अन्य से जवाब मांगा। जुलाई में जंतर-मंतर पर प्रदर्शन स्थल के आसपास 17 मेट्रो स्टेशनों को बंद करने और सुरक्षा प्रतिबंध लगाए जाने से मध्य दिल्ली में यातायात व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई थी। कई जगहों पर यात्रियों को घंटों फंसे रहना पड़ा था और कई लोगों को लंबे तथा अधिक खर्च वाले वैकल्पिक रास्तों का सहारा लेना पड़ा था। प्रधान न्यायाधीश सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और न्यायमूर्ति वी. मोहना की पीठ ने अधिवक्ता स्पर्शकांत नायक की ओर से दायर याचिका पर केंद्र, दिल्ली पुलिस, दिल्ली मेट्रो रेल निगम (डीएमआरसी) और अन्य को नोटिस जारी किया। सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से पेश वकील ने कहा कि यह याचिका आम जनता के संवैधानिक अधिकारों और सार्वजनिक सेवा को बंद करने के संबंध में तय संवैधानिक मानकों से जुड़ी है। उन्होंने कहा, ‘‘ऐसे आदेश जारी करने के लिए कोई विशेष कानून भी नहीं है। वास्तव में कोई आदेश पारित ही नहीं किया गया था। जनता को फैसले की जानकारी देने के लिए केवल सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट किए गए थे।’’न्यायमूर्ति बागची ने मौखिक रूप से टिप्पणी की कि आम तौर पर वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित करने के लिए संबंधित पुलिस कानूनों के तहत पुलिस आयुक्त या पुलिस अधीक्षक द्वारा निर्देश जारी किए जाते हैं। याचिकाकर्ता की ओर से पेश वकील ने कहा कि मेट्रो रेल अधिनियम के तहत ऐसा कोई प्रावधान नहीं है जिसके तहत किसी मेट्रो स्टेशन को बंद किया जा सके। इसके बाद शीर्ष अदालत ने इस मामले में नोटिस जारी करने पर सहमति जताई।
सत्य निकेतन के बाद दिल्ली में बुलडोजर! MCD का एक्शन
दिल्ली में अब सिर्फ नोटिस नहीं... सीधा हथौड़ा चल रहा है..सत्य निकेतन में PG बिल्डिंग गिरने से 7 लोगों की मौत के बाद MCD एक्शन मोड में है.जामा मस्जिद से लेकर द्वारका तक... कई इमारतों पर बुलडोजर चल चुका है, और कुछ ऐसी इमारतें हैं जिन्हें पूरी तरह जमीन में मिलाने की तैयारी है..यही नहीं पीजी मालिकों की बढ़ती मनमानी पर लगाम लगाने के लिए दिल्ली सरकार लगाम लगाने की तैयारी कर रही है.
पुतिन के बाद जिनपिंग ने लगाई भारत आने पर मुहर, दिल्ली में दिखेगा BRICS का मेगा शो
President Xi Jinping India visit in 7 Years for BRICS Summit 2026: शी जिनपिंग की यात्रा के दौरान भारत और चीन आपसी रिश्तों पर भी बात कर सकते हैं.
Rajat Sharma's Blog | दिल्ली में छात्रों की रिहाइश: लंदन के लॉ से सीखो
दिल्ली में सात लाख छात्र पढ़ने आते हैं और कॉलेजों में हॉस्टल की सीटें साढ़े ग्यारह हजार हैं। अब सवाल है कि बाकी छात्र कहां जाएं, कहां रहें, पढ़ाई कैसे करें? मैंने ब्रिटेन में छात्रों के लिए प्राइवेट अकॉमडेशन देखा है। वो वहां के Housing Act 2004 से govern होते हैं।
एशियन गेम्स: स्क्वैश के लिए ड्रॉ जारी, डिफेंडिंग चैंपियन भारतीय पुरुष टीम टॉप सीड
New Delhi, 10 सितंबर . 20वें एशियन गेम्स का आयोजन 19 सितंबर से 4 अक्टूबर के बीच जापान के आइची-नागोया में होगा, जिसके लिए स्क्वैश ... Read more
New Delhi, 10 सितंबर 18वां ब्रिक्स शिखर सम्मेलन India के लिए उभरते बाजारों के साथ आर्थिक जुड़ाव को मजबूत करने और सदस्य देशों के बीच ... Read more
नई दिल्ली में 12 और 13 सितंबर को होने वाली 18वीं ब्रिक्स शिखर बैठक को लेकर सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी की जा रही है। भारत
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में 12 और 13 सितंबर को होने वाले 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन से पहले राजधानी में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। दिल्ली पुलिस ने विभिन्न एजेंसियों के साथ समन्वय कर 15,000 पुलिसकर्मियों और अर्द्धसैनिक बलों की करीब 200 कंपनियों की तैनाती की है। साथ ही वीवीआईपी आवाजाही को देखते हुए आम लोगों के लिए ट्रैफिक एडवाइजरी भी जारी की गई है।
एसएससी-सीपीओ भर्ती 2026: सब-इंस्पेक्टर के 1,871 पदों पर बंपर वैकेंसी, 30 सितंबर तक करें आवेदन
New Delhi, 10 सितंबर . Governmentी नौकरी की तैयारी करके के साथ-साथ रिक्तियों के जारी होने का इंतजार कर रहे युवाओं के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है. दरअसल, कर्मचारी चयन आयोग (एसएससी) ने दिल्ली Police और केंद्रीय सशस्त्र Police बलों (सीएपीएफ) में उप-निरीक्षक (सब-इंस्पेक्टर) परीक्षा 2026 के तहत कुल 1,871 पदों पर पात्र ... Read more
National Film Awards केवल Delhi में हों, Gujarat शिफ्ट करने पर बोलीं Supriya Sule
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) की नेता सुप्रिया सुले ने बृहस्पतिवार को कहा कि राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह नयी दिल्ली में ही आयोजित किया जाना चाहिए क्योंकि यह देश की राजधानी है। सुले का यह बयान सरकार द्वारा इस साल समारोह को गुजरात स्थानांतरित करने के फैसले के बाद आया है। उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली और मुंबई के महत्व को कम करने का प्रयास हो सकता है क्योंकि क्रिकेट विश्व कप के मैचों और विदेशी राष्ट्राध्यक्षों की यात्राओं समेत कई महत्वपूर्ण कार्यक्रमों का आयोजन अब गुजरात में किया जा रहा है। राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह इस बार दिल्ली से बाहर गुजरात के केवड़िया में आयोजित होगा, जहां राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 22 सितंबर को पुरस्कार प्रदान करेंगी। केवड़िया का नाम बदलकर अब एकता नगर कर दिया गया है, जो दुनिया की सबसे ऊंची प्रतिमा सरदार वल्लभभाई पटेल की प्रतिमा का स्थल है। ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ के नाम से विख्यात यह प्रतिमा 597 फुट ऊंची है और इसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 2018 में किया था। सुले ने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘देश के 72 साल के इतिहास में पहली बार राष्ट्रीय पुरस्कार गुजरात में आयोजित हो रहे हैं। हमारा मानना है कि राष्ट्रीय पुरस्कार हमेशा दिल्ली में ही प्रदान किए जाने चाहिए। जो चीजें राष्ट्रीय स्तर की हैं, वे राष्ट्रीय स्तर पर ही रहनी चाहिए।’’महाराष्ट्र के बारामती से सांसद सुले ने कहा, ‘‘जब बड़े कार्यक्रम दिल्ली में आयोजित होते हैं तो उन्हें दिल्ली में ही होना चाहिए। इसी वजह से उन्हें राष्ट्रीय कार्यक्रम कहा जाता है, क्योंकि दिल्ली देश की राष्ट्रीय राजधानी है। अगर यह राष्ट्रीय कार्यक्रम है तो इसे राष्ट्रीय राजधानी में ही होना चाहिए। इसे कहीं और कैसे आयोजित किया जा सकता है?’’उन्होंने कहा कि क्रिकेट विश्व कप के मैचों और विदेशी राष्ट्राध्यक्षों की यात्राओं जैसे कार्यक्रमों का आयोजन भी गुजरात में किया जा रहा है। राकांपा (शप) की नेता ने कहा, ‘‘यह दिल्ली और मुंबई के महत्व को कम करने का प्रयास हो सकता है। इस संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।’’भाषाओं के मुद्दे पर सुले ने कहा कि मराठी और हिंदी दोनों महत्वपूर्ण हैं और लोगों को जितनी भाषाएं सीखनी हों, सीखनी चाहिए। उन्होंने कहा, ‘‘मराठी और हिंदी दोनों हमारी भाषाएं हैं और लोगों को दोनों का ज्ञान होना चाहिए। अधिक भाषाएं सीखना अच्छी बात है। लेकिन किसी को किसी पर थोपा नहीं जाना चाहिए। अगर कोई हिंदी, गुजराती, तमिल या तेलुगु सीखना चाहता है तो यह अच्छी बात है।’’केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के मुंबई-गोवा राजमार्ग अब तक पूरा नहीं होने पर शर्मिंदगी जताने और इसके उद्घाटन में शामिल नहीं होने संबंधी बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए सुले ने कहा कि यह एक संवेदनशील नेता के तौर पर गडकरी की भावना को दर्शाता है। उन्होंने कहा, ‘‘यह गडकरी साहब की महानता है। वह महाराष्ट्र और देश के एक संवेदनशील नेता के रूप में यह बात कह रहे हैं। हम उनकी भावनाओं का सम्मान करते हैं। उनका बयान दिल से आया है क्योंकि वह दिल से काम करते हैं।’’महाराष्ट्र में सूखे जैसी स्थिति और किसानों की आत्महत्या के मुद्दे पर सुले ने संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) सरकार के दौरान घोषित कृषि ऋण माफी को याद किया। उन्होंने कहा, ‘‘जब राकांपा-कांग्रेस सरकार सत्ता में थी, मनमोहन सिंह के नेतृत्व में और जब पवार साहब (शरद पवार) कृषि मंत्री थे, तब 70,000 करोड़ रुपये की कृषि ऋण माफी की घोषणा की गई थी। मनमोहन सिंह खुद महाराष्ट्र आए थे और इससे बड़ा बदलाव आया था।’’सुले ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से सूखा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करने, रिपोर्ट तैयार करने और केंद्र सरकार से पूरी कृषि ऋण माफी की मांग करने की अपील की।
Delhi BRICS Summit 2026: भारत बना ग्लोबल पॉलिटिक्स का केंद्र, पुतिन-जिनपिंग की एंट्री से दुनिया में हलचल
IRCTC मनी लॉन्ड्रिंग मामले में लालू परिवार की मुश्किलें बढ़ गई हैं। दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने गुरुवार को लालू, तेजस्वी, राबड़ी समेत 9 लोगों के खिलाफ आरोप तय कर दिए। कोर्ट ने 7 आरोपियों को बरी कर दिया है। इस मामले ED 16 लोगों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी। इस मामले में अगली सुनवाई 3 अक्टूबर को होगी। कोर्ट ने कहा- राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव पर अपराध से इनकम और पद के गलत इस्तेमाल का मजबूत शक है। दोनों पटना की उस जमीन का फायदा उठा रहे हैं, जिसे कथित तौर पर 2005 से 2014 के बीच लालू यादव के कहने पर उनके पक्ष में ट्रांसफर किया गया था। तब लालू रेल मंत्री थे। निचली अदालत के आदेश को दिल्ली हाईकोर्ट में चुनौती दी थी लालू परिवार ने निचली अदालत के अक्टूबर 2025 के उस आदेश को दिल्ली हाईकोर्ट में चुनौती दी थी, जिसमें उनके खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप तय किए गए थे। केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने इस याचिका का विरोध करते हुए अदालत में कहा कि उनके पास मामले से जुड़े पर्याप्त और पुख्ता सबूत मौजूद हैं। CBI ने कहा कि जांच में कई अहम दस्तावेज और साक्ष्य सामने आए हैं, जो आरोपों को मजबूत करते हैं। ED ने दाखिल की है चार्जशीट 16 आरोपी और कंपनियां मामले में शामिल इस मामले में लारा प्रोजेक्ट्स, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव, लालू प्रसाद यादव, सरला गुप्ता, प्रेम चंद गुप्ता, गौरव गुप्ता, नाथ मल ककरानिया, राहुल यादव, विजय त्रिपाठी, देवकी नंदन तुलस्यान, सुजाता होटल्स, विनय कोचर, विजय कोचर, राजीव कुमार रेलन और अभीषेक फाइनेंस प्राइवेट लिमिटेड आरोपी हैं। इनमें से कोर्ट ने 7 लोगों को आरोपों से मुक्त कर दिया है। कोर्ट ने कहा- लालू को साजिश का पता था राउज एवेन्यू कोर्ट ने 13 अक्टूबर को कहा था कि इस पूरे टेंडर घोटाले की साजिश लालू यादव की जानकारी में रची गई। अदालत के अनुसार, टेंडर प्रक्रिया में उनका हस्तक्षेप था और इससे उनके परिवार को आर्थिक फायदा हुआ। कोर्ट ने इसी आधार पर लालू यादव, राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव को आरोपी मानते हुए उनके खिलाफ मुकदमा चलाने का फैसला लिया था। लालू परिवार ने आरोपों को बताया निराधार दूसरी ओर, लालू प्रसाद यादव ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उनका कहना है कि यह मामला राजनीतिक साजिश के तहत उन्हें और उनके परिवार को फंसाने के लिए बनाया गया है। उन्होंने अदालत में भी अपनी बेगुनाही का दावा किया है।
New Delhi, 10 सितंबर . पंजाब के संगरूर में आत्महत्या के मामले को लेकर कांग्रेस ने आम आदमी पार्टी Government पर तीखा हमला बोला है. कांग्रेस सांसद अमर सिंह ने आरोप लगाया कि एक व्यक्ति द्वारा Chief Minister से अपने जिले के मंत्री को लेकर सवाल पूछे जाने के बाद उस पर दबाव बनाया गया. ... Read more
दिल्ली के सत्य निकेतन में राहत एवं बचाव अभियान के दौरान राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) की त्वरित और साहसपूर्ण कार्रवाई के लिए सीएम रेखा गुप्ता ने पूरी टीम का आभार जताया। उन्होंने कहा कि संकट की स्थिति में NDRF ने तत्परता, साहस और बेहतर समन्वय के साथ राहत एवं बचाव कार्य किया। सीएम रेखा गुप्ता ने दिल्ली सचिवालय में NDRF के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की। इस दौरान राजधानी के लिए एक सशक्त और आधुनिक स्टेट डिजास्टर इमरजेंसी रिस्पांस फोर्स के गठन पर चर्चा हुई। हर आपदा से निपटने के लिए तैयार होगा तंत्र प्रस्तावित फोर्स का उद्देश्य दिल्ली में ऐसी प्रशिक्षित और सक्षम आपदा प्रतिक्रिया प्रणाली विकसित करना है, जो किसी भी आपात स्थिति में तेजी से कार्रवाई कर सके। इसके तहत आधुनिक उपकरणों, प्रशिक्षण और विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय पर जोर दिया जाएगा। सरकार का लक्ष्य है कि भूकंप, आग, इमारत हादसे, जलभराव या अन्य आपदाओं जैसी परिस्थितियों में राहत एवं बचाव अभियान को कम से कम समय में प्रभावी ढंग से शुरू किया जा सके। सीएम ने आपदा प्रबंधन की तैयारियों को मजबूत करने और दिल्ली की आपात प्रतिक्रिया क्षमता को आधुनिक बनाने की दिशा में आवश्यक कदम उठाने पर जोर दिया।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के ऐसे डिजाइन, जो यूजर्स को बार-बार ऐप खोलने और नोटिफिकेशन चेक करने के लिए प्रेरित करते हैं, अब दिल्ली हाईकोर्ट में चुनौती के घेरे में हैं। लाइक और नोटिफिकेशन जैसे फीचर्स को लेकर एडिक्टिव डिजाइन के खिलाफ जनहित याचिका (PIL) दायर की गई है। इस कानूनी लड़ाई में उदयपुर की एक वकील भी शामिल हैं। याचिका के जरिए सोशल मीडिया के ऐसे फीचर्स और डिजाइन पर सवाल उठाए गए हैं, जो यूजर्स के व्यवहार और स्क्रीन टाइम को प्रभावित कर सकते हैं। ऐसे डिजाइन और फीचर्स यूजर्स को बार-बार और लंबे समय तक प्लेटफॉर्म पर बनाए रखने के लिए तैयार किया जाता है। इस याचिका को दायर करने वाली वकीलों की टीम में उदयपुर की बेटी वकील शुभिका जोशी भी शामिल हैं। याचिका में ‘एडिक्टिव डिजाइन’ और आर्किटेक्चर को बनाया निशाना शुभिका ने बताया कि कानून के प्रोफेसर डॉ. विकास कथूरिया द्वारा दायर जनहित याचिका में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के ‘एडिक्टिव डिजाइन’ और आर्किटेक्चर को सीधे निशाना बनाया गया है। याचिका में भारत में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स द्वारा यूज किए जा रहे ऐसे डिजाइन फीचर्स पर रोक लगाने, उन्हें नियंत्रित या विनियमित करने की मांग की गई है, जो सोशल मीडिया के अत्यधिक और समस्याग्रस्त इस्तेमाल को बढ़ावा दे सकते हैं। याचिका में खास तौर पर इनफिनिट स्क्रॉल, ऑटोप्ले, एल्गोरिदम आधारित क्यूरेटेड फीड, लगातार आने वाले नोटिफिकेशन और ‘लाइक्स’ जैसे वैरिएबल रिवार्ड फीचर्स का उल्लेख किया गया है। याचिका के अनुसार, ये फीचर्स उपयोगकर्ताओं का ध्यान खींचने और उसे लंबे समय तक बनाए रखने के उद्देश्य से डिजाइन किए जाते हैं। सोशल मीडिया के ज्यादा यूज से मानसिक स्वास्थ्य पर असर याचिका में बच्चों और किशोरों को लेकर विशेष चिंता जताई गई है। इसमें कहा गया है कि सोशल मीडिया के अत्यधिक और समस्याग्रस्त इस्तेमाल का असर किशोरों के मानसिक स्वास्थ्य, कल्याण और विकास पर पड़ सकता है। इसी आधार पर ऐसे डिजाइन फीचर्स के इस्तेमाल को लेकर नियमन की जरूरत बताई गई है। याचिका में मांग की गई है कि जब तक इस संबंध में कानून नहीं बनता, तब तक उचित दिशा-निर्देश जारी किए जाए। साथ ही सोशल मीडिया के इन डिजाइन फीचर्स से उपयोगकर्ताओं को हुए नुकसान के लिए जवाबदेही तय करने और उचित मुआवजे की व्यवस्था करने की मांग भी की गई है।
जयपुर में CA का अपहरण: सेंट्रल पार्क से मर्सिडीज में जबरन बैठाया, दिल्ली रोड पर हादसे से बची जान
बदमाशों ने सेंट्रल पार्क के पास से किया अपहरण, तेज रफ्तार कार अनियंत्रित होकर झाड़ियों में फंसी; पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगालने में जुटी जयपुर। राजधानी जयपुर में गुरुवार सुबह एक चार्टर्ड अकाउंटेंट के अपहरण की सनसनीखेज घटना से हड़कंप मच गया। रिपोर्टों के मुताबिक सीए को सेंट्रल पार्क के पास से कुछ बदमाशों ने जबरन […] The post जयपुर में CA का अपहरण: सेंट्रल पार्क से मर्सिडीज में जबरन बैठाया, दिल्ली रोड पर हादसे से बची जान appeared first on Sabguru News .
भारतीय वायुसेना स्टेशन पहुंचे अर्मेनियाई सशस्त्र बलों के प्रतिनिधि
New Delhi, 10 सितंबर . India के रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह की अर्मेनिया यात्रा के बाद अब अर्मेनियाई सशस्त्र बलों का पांच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल India आया है. यह India और अर्मेनिया के बीच रक्षा सहयोग को मजबूत करने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है. अर्मेनियाई सशस्त्र बलों के प्रतिनिधिमंडल ... Read more
दिल्ली हाईकोर्ट ने फिल्म ‘काला हिरण: द बैटल फॉर लिगेसी’ पर रोक लगाने की सलमान खान की याचिका पर प्रोड्यूसर से जवाब मांगा है। जस्टिस ज्योति सिंह ने प्रोड्यूसर अमित जानी के वकील को दो हफ्ते में जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया। सलमान खान ने फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने की मांग की है। यह फिल्म कथित तौर पर 1998 के काले हिरण शिकार मामले से प्रेरित है। 10 सितंबर को हुई सुनवाई में दिल्ली हाईकोर्ट ने फिल्ममेकर्स की तरफ से आए वकील से पूछा कि ये फिल्म कब रिलीज होगी, हालांकि इसके जवाब में वकील ने कहा है कि फिल्म अभी रिलीज के लिए तैयार नहीं है। इसके कंटेंट को सेंसर बोर्ड से सर्टिफिकेट मिलना बाकी है। सलमान की ओर से पेश सीनियर वकील रवि प्रकाश ने इस पर कहा, “वे खुद कह रहे हैं कि यह सितंबर में रिलीज होने वाली है।” इस पर कोर्ट ने कहा कि वह 2 हफ्तों के अंदर फिल्म रिलीज की डेट बताएं। मामले की अगली सुनवाई 30 सितंबर को होगी। सलमान के वकील ने OTT रिलीज पर भी आपत्ति जताई सुनवाई के दौरान सलमान खान के वकील ने कहा कि फिल्म को OTT पर रिलीज करने के लिए मेकर्स को किसी सर्टिफिकेशन की जरूरत नहीं है। कोर्ट ने इस बात को भी रिकॉर्ड पर लिया। सलमान के वकील ने कहा, “मान लीजिए कि फिल्म रिलीज हो जाती है, तो इससे बहुत नुकसान होगा।” सलमान ने पहले भी दायर किया था केस सलमान खान ने पहले कई अनजान लोगों यानी जॉन डो के खिलाफ ‘पर्सनैलिटी राइट्स’ का केस दायर किया था। याचिका में उन्होंने कहा कि फिल्म काला हिरण में दिखाए गए शख्स का हुलिया उनसे प्रेरित रखा गया है, जो उनके पर्सनालिटी राइट्स के विरुद्ध है। उन्होंने फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने की मांग की थी। पिछले साल हाईकोर्ट ने सलमान के ‘पर्सनैलिटी राइट्स’ केस की सुनवाई की थी। कोर्ट ने उनकी तस्वीर और शक्ल का इस्तेमाल करके बिना अनुमति बनाए गए सामान यानी मर्चेंडाइज पर रोक लगा दी थी। जुलाई में हाईकोर्ट ने मेकर्स को फिल्म के टीजर से जुड़े कई लिंक हटाने का आदेश दिया था। जानिए क्या है फिल्म से जुड़ा पूरा विवाद? 27 जुलाई को दिल्ली हाईकोर्ट ने फिल्म 'काला हिरण: द बैटल फॉर लेगेसी' के टीजर को सोशल मीडिया से हटाने के निर्देश दिए हैं। अदालत ने स्पष्ट किया कि अगर प्रोड्यूसर 24 घंटे के अंदर टीजर के लिंक नहीं हटाते हैं, तो एक्स (ट्विटर) और यूट्यूब जैसी इंटरनेट कंपनियों को इसे हटाने के आदेश दिए जाएंगे। मामले की सुनवाई के दौरान जस्टिस ज्योति सिंह ने फिल्म के प्रोड्यूसर अमित जानी के रवैये पर कड़ी नाराजगी जताई। अदालत ने कहा कि आरोपी हर दिन अपनी सीमाएं पार कर रहा है और खुद को कानून से ऊपर समझ रहा है। जज ने टिप्पणी की कि किसी सामान्य नागरिक के साथ भी ऐसा बर्ताव नहीं किया जा सकता। साख बनाने में बहुत मेहनत लगती है और एक बार छवि खराब होने के बाद उसे वापस पाना आसान नहीं होता। अदालत ने फिल्म निर्माता अमित जानी के दिए गए इंटरव्यू भी हटाने का निर्देश दिया था। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने मौखिक टिप्पणी करते हुए कहा था कि किसी व्यक्ति की प्रतिष्ठा की सुरक्षा जरूरी है। कोर्ट ने फिल्म में अभिनेता के संदर्भ दिखाई देने पर चिंता भी जताई थी। सुप्रीम कोर्ट पहुंचे फिल्म काला हिरण के मेकर्स फिल्म निर्माता अमित जानी ने अपनी फिल्म ‘काला हिरण: द बैटल फॉर लीगेसी’ का टीजर हटाने के दिल्ली हाईकोर्ट के आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में अपील की है। जानी ने अपनी अपील में कहा है कि यह आदेश अनुचित सेंसरशिप है और उनके अभिव्यक्ति की आजादी के अधिकार को सीमित करता है। उनका कहना है कि सार्वजनिक रिकॉर्ड और ऐतिहासिक कानूनी मामलों पर किसी का एकाधिकार नहीं हो सकता। कानूनी विवाद के बीच फिल्म निर्माता की सुरक्षा को लेकर भी चिंता सामने आई है। जानी का दावा है कि संगठित आपराधिक समूहों ने उन्हें और उनके परिवार को जान से मारने की धमकियां दी हैं। इन समूहों ने उनसे फिल्म प्रोजेक्ट छोड़ने की मांग की है। जानी ने अपील में कहा कि हाईकोर्ट ने उनकी कानूनी टीम को अपना पक्ष रखने का उचित मौका दिए बिना ही रोक लगाने का आदेश जारी कर दिया।
BRICS समिट के लिए किले में तब्दील दिल्ली, देखें कैसी है सिक्योरिटी
दिल्ली के भारत मंडपम में 12 और 13 सितंबर को ब्रिक्स शिखर सम्मेलन हो रहा है. राजधानी में इसे लेकर जबरदस्त तैयारी है. जी-20 सम्मेलन के बाद दिल्ली में ये पहला बड़ा आयोजन है. रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन समेत ब्रिक्स देशों के दिग्गज नेताओं का जमावड़ा लगने वाला है. BRICS को लेकर कैसी हैं तैयारियां? देखें वीडियो.
Delhi High Court का सख्त आदेश: CJP को 24 घंटे में हटाने होंगे Gaurav Bhatia के खिलाफ पोस्ट
ANI की रिपोर्ट के मुताबिक, दिल्ली हाई कोर्ट ने गुरुवार को 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के सदस्यों सौरव दास और आशुतोष रंका का यह भरोसा दर्ज किया कि वे BJP नेता और सीनियर वकील गौरव भाटिया को निशाना बनाने वाली सोशल मीडिया पोस्ट हटा देंगे। इनमें एक विवादित पोस्ट भी शामिल है जिसमें उनके नाम से एक कथित बयान शेयर किया गया था। जस्टिस तुषार राव गेडेला, भाटिया के 2 करोड़ रुपये के मानहानि केस की सुनवाई कर रहे थे, जिसमें भाटिया खुद कोर्ट में पेश हुए थे। इसे भी पढ़ें: भारत और भगवा का अपमान बर्दाश्त नहीं, Gerua Samman Yatra के दौरान राष्ट्रविरोधी तत्वों पर जमकर बरसे Suvendu Adhikari रिपोर्ट के अनुसार, दास और रांका की ओर से पेश वकीलों ने कोर्ट को बताया कि वे विवादित पोस्ट हटा देंगे। उनके बयान दर्ज करते हुए कोर्ट ने निर्देश दिया कि पोस्ट 24 घंटे के भीतर हटा दिए जाएं। कोर्ट ने पहले कहा था कि विरोध करने के अलग-अलग तरीके होते हैं और प्रतिवादियों से कहा कि उन्हें अपनी बात कहने का अधिकार तो है, लेकिन कभी-कभी अपनी बात को बेहतर ढंग से रखने की ज़रूरत होती है ताकि सही संदेश लोगों तक पहुँचे। गुरुवार की सुनवाई के दौरान, दास के वकील ने बताया कि जिस ट्वीट पर सवाल उठाया गया था, उसे पहले ही डिलीट कर दिया गया है। हालाँकि, कोर्ट ने ध्यान दिलाया कि एक और पोस्ट भी किया गया था। कोर्ट ने प्रतिवादी के तौर पर अभिजीत दिपके की मौजूदगी पर भी सवाल उठाए और पूछा कि उन्होंने क्या सामग्री पोस्ट की थी। दिपके के वकील ने कहा कि विवाद में उनका एक भी ट्वीट शामिल नहीं था। इसे भी पढ़ें: BRICS पर Chidambaram को BJP का करारा जवाब, कहा- कांग्रेस को हो रहा 'FOMO' और 'नाराज़ फूफा' जैसी बौखलाहट भाटिया ने कोर्ट को बताया कि यह मामला गंभीर मानहानि का है और कथित तौर पर मनगढ़ंत सामग्री ऑनलाइन नहीं रहनी चाहिए क्योंकि इससे उनकी प्रतिष्ठा को नुकसान हो रहा था और बड़ी संख्या में लोगों ने इसे देखा था। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि उनकी तस्वीर का इस्तेमाल एक मनगढ़ंत बयान के साथ किया गया था और ग्राफिक में एक समाचार संगठन का लोगो भी शामिल किया गया था, जिससे कथित तौर पर सामग्री को विश्वसनीयता मिली। भाटिया ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X और Meta को कथित तौर पर मनगढ़ंत तस्वीर और वैसी ही सामग्री हटाने का निर्देश देने की मांग की। हालांकि, Meta के वकील ने कहा कि प्लेटफॉर्म किसी ठोस आधार या कानूनी निर्देश के बिना खुद से तस्वीरें या सामग्री नहीं हटा सकता। देशभर की राजनीति, ताज़ा घटनाओं और बड़ी खबरों से जुड़े रहने के लिए पढ़ें National News in Hindi केवल प्रभासाक्षी पर।
1998 में मुंबई में जन्मी ईशा सिंह के पिता योगेश प्रताप सिंह (वाई पी सिंह) 1985 बैच के IPS ऑफिसर थे। कहा जाता है कि भ्रष्टाचार से तंग आकर उन्होंने आईपीएस की नौकरी छोड़ दी थी।
BRICS: एंटी ड्रोन सिस्टम एक्टिवेट, स्नाइपर और एंटी-एयरक्राफ्ट गन रेडी, दिल्ली पर नजर भी डाली तो...
दिल्ली में हो रहे ब्रिक्स सम्मेलन की सुरक्षा अभूतपूर्व होगी. इसके लिए 25 हजार पुलिसकर्मी तैनात किए जा रहे हैं. मेहमानों की सुरक्षा के लिए एंटी ड्रोन सिस्टम एक्टिवेट, एंटी-एयरक्राफ्ट गन और एंटी सबोटाज टीमें तैनात की गई हैं.
मलेशिया पहुंचा भारतीय युद्धपोत, समुद्री अभ्यास ‘समुद्र लक्ष्मण’ में लेगा हिस्सा
New Delhi, 10 सितंबर . भारतीय नौसेना का युद्धपोत आईएनएस मैसूर मलेशिया के लुमुट पहुंच गया है. यह भारतीय युद्धपोत India और मलेशिया की नौसेनाओं के बीच होने वाले द्विपक्षीय समुद्री अभ्यास ‘समुद्र लक्ष्मण’ में हिस्सा लेगा. ‘समुद्र लक्ष्मण’ के तहत दोनों देशों के जवानों समुद्र व हार्बर के अभ्यास करेंगे. दोनों नौसेनाओं के बीच ... Read more
सत्य निकेतन हादसा: दिल्ली हाईकोर्ट से सुप्रीम कोर्ट ट्रांसफर होंगे लंबित केस
दिल्ली के सत्य निकेतन हादसे को लेकर दिल्ली हाईकोर्ट में लंबित मामलों को सुप्रीम कोर्ट ने अपने पास ट्रांसफर करने का संकेत दिया है. अदालत का मानना है कि इससे एक साथ पूरे मामले पर नजर रखी जा सकेगी. सुनवाई के दौरान कोर्ट ने लैंड यूज उल्लंघन को गंभीर समस्या बताया जो कि लोगों की जान खतरे में पड़ने का एक अहम कारण है.
पीएमएमएसवाई से देश में मछली उत्पादन को मिला बढ़ावा; निर्यात 73 हजार करोड़ रुपए के पार
New Delhi, 10 सितंबर . Prime Minister मत्स्य संपदा योजना (पीएमएमएसवाई) को Thursday को छह वर्ष पूरे चुके हैं और इस दौरान देश के मत्स्य क्षेत्र में बड़ा बदलाव देखने को मिला है. मछली उत्पादन 2019-20 में रहे 141.64 लाख टन से बढ़कर 2024-25 में रिकॉर्ड 197.75 लाख टन पर पहुंच गया. यह जानकारी Thursday ... Read more
New Delhi, 10 सितंबर . देश में बच्चों के बढ़ते अपहरण को लेकर Supreme Court में एक जनहित याचिका दायर की गई है. इस याचिका में कानून को और सख्त करने की मांग की गई. याचिका पर सुनवाई करते हुए Supreme Court ने केंद्र और सभी राज्य Governmentों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है. ... Read more
नितिन नवीन ने बिल्कुल सही कहा, राहुल गांधी नहीं समझते वंदे मातरम का महत्व : प्रवीण खंडेलवाल
New Delhi, 10 सितंबर . Lok Sabha में विपक्ष के नेता राहुल गांधी पर भाजपा के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन की टिप्पणी को लेकर बीजेपी सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने उनका समर्थन किया है. नितिन नवीन ने कहा था कि राहुल गांधी ‘वंदे मातरम’ का मतलब नहीं समझते क्योंकि उनकी परवरिश विदेश में हुई है. ... Read more
New Delhi, 10 सितंबर . मैनचेस्टर सिटी फुटबॉल क्लब के नए मिडफील्डर एंजो फर्नांडीज 13 सितंबर को पुराने प्रतिद्वंद्वी मैनचेस्टर यूनाइटेड के खिलाफ होने वाले मुकाबले को लेकर उत्साहित हैं. वह इस मैच में दमदार प्रदर्शन करके छाप छोड़ना चाहते हैं. चेल्सी से मैनचेस्टर सिटी में शामिल हुए फर्नांडीज ने कहा कि वह अपने नए ... Read more
10 साल से फरार आरोपी Harnek Singh को CBI ने US से प्रत्यर्पण कर दिल्ली एयरपोर्ट से पकड़ा
केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने धोखाधड़ी के मामले में एक दशक से भी अधिक समय से फरार एक भगोड़े आरोपी को अमेरिका से भारत वापस लाए जाने के बाद गिरफ्तार कर लिया है। अधिकारियों ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी। सीबीआई की एक प्रवक्ता ने बताया कि आरोपी हरनेक सिंह को बुधवार को यहां इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंचते ही गिरफ्तार कर लिया गया। प्रवक्ता ने बताया कि आरोपी के खिलाफ ‘इंटरपोल रेड नोटिस’ और ‘लुक-आउट सर्कुलर’ जारी था। उसे हरियाणा के पंचकूला स्थित विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीबीआई मामले) की अदालत में जल्द से जल्द पेश किया जाएगा। सीबीआई प्रवक्ता ने बृहस्पतिवार को एक बयान में बताया कि आरोपी 2013 के एक धोखाधड़ी मामले में वांछित था जिसमें जालसाजों ने भारत में रहकर फोन के जरिए सिंगापुर में रह रहे या काम कर रहे भारतीय नागरिकों को अपना शिकार बनाया था। उन्होंने बताया कि फोन करने वाले खुद को सिंगापुर आव्रजन अधिकारियों के रूप में पेश करते थे और पीड़ितों से झूठ बोलते थे कि उन्होंने हवाई अड्डे पर अपने आगमन प्रपत्र में गलत जानकारी भरी है। इसके बाद पीड़ितों को आपराधिक कार्रवाई और देश से निकाले जाने का डर दिखाकर उनसे धन ऐंठते थे। सीबीआई ने इस संबंध में 2016 में आपराधिक साजिश, धोखाधड़ी, जालसाजी व फर्जी दस्तावेजों को असली के रूप में इस्तेमाल करने से जुड़ी भारतीय दंड संहिता की धाराओं और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम के प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया था। जांच में सामने आया कि ठगी की रकम हरनेक सिंह द्वारा सह-आरोपी आदित्य भारद्वाज और दीपक जैन के साथ मिलकर संचालित किए जा रहे मुद्रा हस्तांतरण केंद्र के जरिए प्राप्त की गई थी। बयान के मुताबिक, हरनेक सिंह मई 2013 में भारत से भाग गया था और बाद में अवैध तरीके से अमेरिका में दाखिल हो गया, जहां वह 10 साल से अधिक समय तक छिपा रहा। सिंह के फरार रहने के दौरान ही पंचकूला स्थित विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीबीआई) की अदालत में भारद्वाज और जैन के खिलाफ सुनवाई जारी रही, जिसमें दोनों को दोषी ठहराया जा चुका है। प्रवक्ता ने कहा, ‘‘इसके बाद, अदालत ने 22 अप्रैल 2024 को हरनेक सिंह के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया। सीबीआई ने इंटरपोल के माध्यम से इस मामले की पैरवी की, जिसके परिणामस्वरूप उसके खिलाफ रेड नोटिस और ‘लुक-आउट सर्कुलर’ भी जारी करवाया गया।
चीनी के दाम में बड़ी गिरावट! दिल्ली से रांची तक ₹14 तक सस्ती हुई चीनी, दशहरा-दिवाली से पहले राहत
नई दिल्ली: त्योहारी सीजन से पहले चीनी की कीमतों में नरमी से आम लोगों को राहत मिलने लगी है। पिछले कुछ दिनों में देश के कई हिस्सों में चीनी के खुदरा और थोक भाव नीचे आए हैं। सरकार के कदमों के बाद बाजार में सप्लाई बढ़ने और जमाखोरी पर लगाम लगने का असर कीमतों पर […] The post चीनी के दाम में बड़ी गिरावट! दिल्ली से रांची तक ₹14 तक सस्ती हुई चीनी, दशहरा-दिवाली से पहले राहत first appeared on Sanjeevni Today .
Killing of cats in Mumbai: देश की आर्थिक राजधानी मुंबई के चेंबूर इलाके में करीब दो दर्जन बिल्लियों के संदिग्ध मौत और बुरी तरह क्षत-विक्षत शव मिलने से सनसनी फैल गई है। मामला चेंबूर के पंजरापोल इलाके का है, जहां कई बिल्लियां गंभीर चोटों के साथ मृत मिलीं। पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। वहीं, PETA India ने आरोपियों के बारे में जानकारी देने वाले को ₹50,000 तक के इनाम की घोषणा की है।एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, मुंबई के चेंबूर इलाके में लगभग 20 बिल्लियां मृत और गंभीर रूप से घायल हालत में मिली हैं। इसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। बिल्लियों के क्षत-विक्षत शव पंजरापोल इलाके में मिले। कई जानवरों के शरीर पर गंभीर घाव थे। वे बहुत ज्यादा सदमे (ट्रॉमा) में लग रहे थे।अगस्त से सामने आ रहे थे मामलेNDTV की रिपोर्ट के मुताबिक, स्थानीय पशु देखभालकर्ता रुबीना पठान ने अगस्त में पंजरापोल इलाके में कई बिल्लियों के क्षत-विक्षत शव देखे थे। इसके बाद 4 सितंबर को छह और बिल्लियों के शव मिले। इन बिल्लियों के शरीर पर गंभीर चोटों के निशान थे। कुछ मामलों में उनके अंदरूनी अंग तक दिखाई दे रहे थे।इसके अगले दिन यानी 5 सितंबर को एक और मृत बिल्ली मिली। उसी जगह एक बिल्ली का बच्चा भी बेहद खराब और तनावपूर्ण हालत में मिला। लगातार सामने आ रहे इन मामलों के बाद इलाके में पशु क्रूरता को लेकर चिंता बढ़ गई।PETA की मदद से पुलिस में पहुंचा मामलामामले की गंभीरता को देखते हुए PETA India ने रुबीना पठान के साथ मिलकर पुलिस से संपर्क किया। इसके बाद RCFपुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई गई। फिर मामले में 9 सितंबर को एफआईआर दर्ज की गई। पुलिस ने अज्ञात आरोपी या आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 325 और Prevention of Cruelty to Animals (PCA) Act, 1960 की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। FIR में PCA Act की धारा 11(1)(a) और 11(1)(l) भी लगाई गई हैं।CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिसपुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इन बिल्लियों की मौत के पीछे कौन है। इसके लिए पंजरापोल और आसपास के इलाके के CCTV कैमरों की फुटेज की जांच की जा रही है। फिलहाल, आरोपियों की पहचान सामने नहीं आई है। पुलिस उनकी तलाश के लिए सुराग जुटा रही है।आरोपी की जानकारी देने पर ₹50 हजार का इनामPETA India ने इस मामले में अहम सुराग देने वाले व्यक्ति को ₹50,000 तक का इनाम देने का ऐलान किया है। यह इनाम ऐसी जानकारी देने पर मिलेगा, जिससे बिल्लियों को मारने वाले व्यक्ति या व्यक्तियों की गिरफ्तारी और दोषसिद्धि में मदद मिले।PETA ने कहा है कि सूचना देने वाले की पहचान अनुरोध करने पर गोपनीय रखी जाएगी। PETA India के मुताबिक, इस मामले में जानकारी रखने वाले लोग संगठन से संपर्क कर सकते हैं। संगठन ने पशुओं के साथ क्रूरता के मामलों की सूचना पुलिस को देने की अपील भी की है।BNS की धारा 325 में क्या है प्रावधान?पुलिस ने इस मामले में BNS की धारा 325 लगाई है। PETA India के अनुसार, यह धारा किसी जानवर को मारने, जहर देने, अपंग करने या उसे बेकार कर देने जैसी हरकतों को संज्ञेय अपराध के रूप में देखती है। इसके तहत पांच साल तक की सजा, जुर्माना या दोनों का प्रावधान है।ये भी पढ़ें- Delhi traffic advisory: दिल्ली पुलिस ने जारी ट्रैफिक एडवाइजरी, जानिए 11 से 13 सितंबर तक BRICS समिट के दौरान क्या खुलेगा और क्या बंद रहेगा?फिलहाल, इस पूरे मामले में सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर इतनी बड़ी संख्या में बिल्लियों को किसने निशाना बनाया और इसके पीछे क्या वजह थी। पुलिस CCTV फुटेज और अन्य उपलब्ध सुरागों के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही है। आरोपियों की पहचान और उनकी गिरफ्तारी जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
MAP से समझें... BRICS के दौरान दिल्ली में कहां ट्रैफिक डायवर्जन, कहां नो एंट्री?
11 से 13 सितंबर तक दिल्ली में BRICS Summit होने जा रहा है. भारत मंडपम में दुनिया के कई बड़े नेता और विदेशी प्रतिनिधिमंडल जुटेंगे, तो दिल्ली की सड़कों पर VIP काफिलों की आवाजाही भी बढ़ेगी. ऐसे में अगर आप दिल्ली में रहते हैं, तो घर से निकलने से पहले यह ट्रैफिक गाइड जरूर देख लें.
New Delhi, 10 सितंबर . भारतीय म्यूचुअल फंड उद्योग के संगठन एम्फी यानी एसोसिएशन ऑफ म्यूचुअल फंड्स इन इंडिया (एएमएफआई) के Thursday को जारी आंकड़ों के अनुसार, अगस्त में एसआईपी प्रवाह (इन्फ्लो) जुलाई के 31,961 करोड़ रुपए के मुकाबले बढ़कर 32,297 करोड़ रुपए के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया. अगस्त में एसआईपी का योगदान अब ... Read more
दिल्ली हाईकोर्ट में गौरव भाटिया की 2 करोड़ रुपये की मानहानि याचिका पर सुनवाई के दौरान CJP नेता सौरव दास और आशुतोष रांका ने विवादित पोस्ट हटाने पर सहमति जताई. अदालत ने CJP और अभिजीत दिपके को समन जारी किया है.
सागर शराब त्रासदी पर कांग्रेस का वार, मल्लिकार्जुन खड़गे बोले-जवाबदेही से भाग रही डबल इंजन सरकार
New Delhi, 10 सितंबर . Madhya Pradesh में जहरीली शराब से हुई मौतों को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा के नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने भाजपा पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, “Madhya Pradesh में भाजपा भ्रष्टाचार की पराकाष्ठा लांघ चुकी है और लापरवाही का आलम यह है कि अब लोगों ... Read more
अलग-अलग होटलों में ठहरेंगे जिनपिंग, पुतिन और पेजेशकियन; दिल्ली में तैनात 30000 सुरक्षाकर्मी
BRICS Summit से पहले दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन 11 सितंबर और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग 12 सितंबर को दिल्ली पहुंच सकते हैं। कहां ठहरेंगे नेता?
दिल्ली-लखनऊ की 3 सोशल मीडिया इनफ्लुएंसर युवतियां ASI के जाल में फंसी, फिर किया घिनौना काम
दिल्ली-लखनऊ की 3 सोशल मीडिया इनफ्लुएंसर युवतियों को ASI ने जाल में फंसा लिया। दिल्ली की एक इनफ्लुएंसर ने एएसआई पर ब्लैकमेलिंग और उसके साथी पर रेप का आरोप लगाया है। वहीं लखनऊ की दो इनफ्लुएंसर को भी अश्लील मैसेज भेजकर उनका शोषण किया।
3 बड़े बदलावों के साथ निकली SSC CPO की बंपर भर्ती, दिल्ली पुलिस और CAPF में SI की 1871 वैकेंसी
SSC Delhi Police CAPF SI Vacancy 2026 , SSC CPO 2026 Notification : एसएससी ने दिल्ली पुलिस और सीएपीएफ सब इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा 2026 का नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। आवेदन ssc.gov.in पर शुरू गए हैं। 30 सितंबर 2026 तक आवेदन कर सकते हैं।
दिल्ली पुलिस कांस्टेबल परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड जारी
स्टाफ सेलेक्शन कमीशन (SSC) ने दिल्ली पुलिस कांस्टेबल कार्यकारी PE और MT परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड जारी कर दिए हैं। उम्मीदवार अब आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर अपने एडमिट कार्ड डाउनलोड कर सकते हैं। इस लेख में, हम आपको एडमिट कार्ड डाउनलोड करने की प्रक्रिया और परीक्षा की तिथि के बारे में जानकारी प्रदान कर रहे हैं। जानें कि कैसे आप अपने एडमिट कार्ड को आसानी से प्राप्त कर सकते हैं और परीक्षा में शामिल होने के लिए तैयार हो सकते हैं।
पंजाब से BJP के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा के वोट को लेकर सियासत गरमाई हुई है। गुरुवार को दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता अनुराग ढांडा ने कहा कि राघव चड्ढा ने 26 अगस्त को वोट के लिए अप्लाई किया था और दो सितंबर को दिल्ली के राजिंदर नगर में उनका वोट बन गया था। उन्होंने कहा कि जिस गति से उनका वोट बना था, उस गति से मोदी जो बुलेट ट्रेन भारत लाने वाले थे, वह नहीं चलती। उन्होंने कहा कि अगर वोट पहले ही बन गया था तो तीन सितंबर को उन्होंने ट्विटर पर पंजाब सरकार पर आरोप क्यों लगाए। उन्होंने कहा इससे पता चलता है कि बीजेपी व राघव चड्ढा पंजाब से कितनी नफरत करते हैं। दरअसल, 3 अगस्त को राघव चड्ढा ने कहा था कि मोहाली में ड्राफ्ट सूची में उनका नाम हटा दिया गया और उन्हें ‘शिफ्टेड’ की कैटेगरी में डाल दिया गया। ये सामान्य क्लेरिकल गलती नहीं, बल्कि सोची-समझी साजिश है। उन्होंने कहा था कि SIR के नियमों के तहत ऑब्जेक्शन दाखिल कर दिया है। अनुराग ढांडा ने क्या कहा, जानिए… --------- AAP ने राघव चड्ढा के मोहाली फ्लैट का VIDEO दिखाया, ढांडा बोले- यहां सिर्फ दीमक; दिल्ली में वोटर लिस्ट में नाम कैसे जुड़ा BJP के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा का स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) की ड्राफ्ट सूची से नाम हटाने के दावे पर आम आदमी पार्टी (AAP) ने पलटवार किया है। मंगलवार को दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर AAP के राष्ट्रीय प्रवक्ता अनुराग ढांडा ने कहा कि मोहाली के जिस फ्लैट नंबर 103 का राघव चड्ढा जिक्र कर रहे हैं, वहां अब कोई नहीं रहता। (पढ़ें पूरी खबर)
दिल्ली में बनेगी खुद की आपदा राहत फोर्स SDERF, सीएम रेखा गुप्ता के निर्देश पर प्रक्रिया शुरू
दिल्ली में किसी भी आपदा से निपटने के लिए अब अपना खुद का त्वरित और सक्षम तंत्र होगा। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के निर्देश पर दिल्ली में राज्य आपदा आपातकालीन राहत बल (एसडीईआरएफ) के गठन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
BRICS Summit 2026 Delhi traffic advisory: राष्ट्रीय राजधानी में 12 और 13 सितंबर को होने वाले 18वें BRICS समिट 2026 को लेकर दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने खास इंतजाम किए हैं। विदेशी राष्ट्राध्यक्षों और प्रतिनिधियों की आवाजाही के दौरान राजधानी की कई प्रमुख सड़कों पर ट्रैफिक रोक दिया जाएगा। हालांकि, पूरी दिल्ली बंद नहीं रहेगी। लोगों की सुविधा के लिए 22 डायवर्जन प्वाइंट बनाए गए हैं। साथ ही प्रभावित रास्तों पर वैकल्पिकरूट्स की व्यवस्था की गई है। दिल्ली के 'भारत मंडपम' में 12 और 13 सितंबर को 18वां BRICS Summit आयोजित होगा।इसमें चीन और रूस के राष्ट्रपतियों समेत कई देशों के राष्ट्राध्यक्ष और वरिष्ठ प्रतिनिधि शामिल होने की उम्मीद है। विदेशी मेहमानों की सुरक्षा और उनके काफिले की आवाजाही को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने 11 सितंबर से 13 सितंबर तक ट्रैफिक पर कई तरह की पाबंदियां लागू करने की तैयारी की है।दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने यात्रियों की परेशानी कम करने के लिए फ्रीक्वेंटली आस्क्ड क्वेश्चन्स (FAQs) जारी किए हैं। इसमें एयरपोर्ट और रेलवे स्टेशन पहुंचने, कैब और बस सेवाओं, डायवर्जन, गूगल मैप्स पर रियल-टाइम अपडेट और इमरजेंसीसर्विस से जुड़े सवालों के जवाब दिए गए हैं।यहां जानें सभी जरूरी सवालों के जवाबक्या BRICS Summit के दौरान पूरी दिल्ली बंद रहेगी? नहीं। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के मुताबिक पूरी राजधानी में आवाजाही बंद नहीं की जाएगी। BRICS प्रतिनिधियों के लिए दिल्ली के9 होटलों में ठहरने की व्यवस्था की गई है। इन होटलों तथा उनके आसपास से गुजरने वाले रूट पर जरूरत के मुताबिक ट्रैफिक कोकंट्रोल किया जाएगा। सरदार पटेल मार्ग, मदर टेरेसा क्रिसेंट/मार्ग और मथुरा रोड समेत कई महत्वपूर्ण रास्तों पर VIP मूवमेंट के दौरान ट्रैफिक रेगुलेशन किया जा सकता है। विदेशी राष्ट्राध्यक्षों के काफिले की आवाजाही को सुचारू रखने के लिए 22 डायवर्जन प्वाइंट बनाए गए हैं। जरूरत पड़ने पर वाहनों को इन प्वाइंट से वैकल्पिक मार्गों की ओर भेजा जाएगा। ट्रैफिक एडवाइजरी में क्या-क्या बताया गया है?दिल्ली ट्रैफिक पुलिस की एडवाइजरी में लोगों को प्रभावित सड़कों और डायवर्जन के अलावा वैकल्पिक रास्तों की जानकारी दी गई है। इसमें खास तौर पर बताया गया है कि:- किन सड़कों पर ट्रैफिक प्रभावित हो सकता है कहां डायवर्जन लगाया जाएगा? कौन से वैकल्पिक रूट इस्तेमाल किए जा सकते हैं? एयरपोर्ट जाने के लिए किन रास्तों का इस्तेमाल करना बेहतर होगा? रेलवे स्टेशन तक कैसे पहुंचें? मेट्रो और पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल कैसे करें? एयरपोर्ट जाना है तो क्या करें? अगर आपकी फ्लाइट 11 से 13 सितंबर के बीच है तो एयरपोर्ट पहुंचने के लिए अतिरिक्त समय लेकर निकलना बेहद जरूरी होगा। VIP काफिले की आवाजाही के दौरान कुछ सड़कों पर थोड़े समय के लिए ट्रैफिक रोका या डायवर्ट किया जा सकता है। ट्रैफिक पुलिस ने यात्रियों को सलाह निकलने से पहले अपना रूट जरूर चेक करें। संभावित डायवर्जन की जानकारी रखें। सफर के लिए अतिरिक्त समय रखें। जहां संभव हो, मेट्रो को प्राथमिकता दें। ट्रैफिक पुलिस के निर्देशों का पालन करें। फ्लाइट का समय ध्यान में रखते हुए घर से जल्दी निकलें। WhatsApp हेल्पलाइन नंबर अगर आपकी फ्लाइट तय समय पर है तो एयरपोर्ट पहुंचने की योजना भी पहले से बनाकर चलें। अचानक लगने वाले ट्रैफिक रेगुलेशन की वजह से देरी से बचने के लिए Plan- Leave Early - Reach On Time का फॉर्मूला अपनाने की सलाह दी गई है। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस का हेल्पलाइन नंबर 1095 है। जबकि WhatsApp हेल्पलाइन 8750871493 है। क्या Uber, Ola, Rapido और Bharat Taxi चलेंगे? हां, कैब और टैक्सी सेवाएं पूरी तरह बंद नहीं होंगी। दिल्ली पुलिस ने Ola, Uber, Bharat Taxi और Rapido जैसे टैक्सी एग्रीगेटर्स के अधिकारियों के साथ बैठक भी की है। हालांकि, प्रतिबंधित या नियंत्रित इलाकों में इन सेवाओं की सीधी पिक-अप और ड्रॉप सुविधा उपलब्ध नहीं होगी। कैब को वैकल्पिक रास्तों से चलाया जाएगा। यात्रियों को निर्धारित स्थानों तक पहुंचने के लिए वैकल्पिक व्यवस्था अपनानी पड़ सकती है। इसलिए BRICS Summit के दौरान कैब बुक करने वाले लोगों को ड्राइवर से पिक-अप लोकेशन पहले से कन्फर्म कर लेना चाहिए। क्या Google Maps और Mappls पर ट्रैफिक अपडेट मिलेंगे? हां। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने स्पष्ट किया है कि ट्रैफिक प्रतिबंधों, डायवर्जन और वैकल्पिकरूट्स से संबंधित रियल-टाइम अपडेट नेविगेशन ऐप्स पर उपलब्ध कराए जाएंगे। पुलिस का Google Maps और Mappls जैसे नेविगेशन प्लेटफॉर्म के साथ टाई-अप है। इसलिए BRICS Summit के दौरान परिस्थितियों के अनुसार इन ऐप्स पर रूट और ट्रैफिक से जुड़े अपडेट मिलते रहेंगे। क्या DTC बसें भी प्रभावित होंगी? DTC बस सेवाएं पूरी तरह बंद नहीं होंगी। दिल्ली पुलिस ने अपना ट्रैफिक प्लान DTC के साथ साझा किया है। DTC को अपने स्तर पर डायवर्जन प्लान तैयार करने के लिए कहा गया है। 11 से 13 सितंबर के बीच DTC बसें अनुमत रूट पर चलती रहेंगी। लेकिन प्रतिबंधित इलाकों में जरूरत के मुताबिक उनका रूट बदला जा सकता है। इसका मतलब है कि बस सेवा जारी रहेगी। लेकिन कुछ यात्रियों को सामान्य रूट की जगह डायवर्ट किए गए रूट से सफर करना पड़ सकता है। क्या नई दिल्ली के अलावा दूसरे इलाकों में भी ट्रैफिक रोका जा सकता है? हां। जरूरत पड़ने पर नई दिल्ली के अलावा दिल्ली के दूसरे हिस्सों में भी थोड़े समय के लिए ट्रैफिक रेगुलेशन किया जा सकता है। अगर किसी विदेशी राष्ट्राध्यक्ष, सरकार के प्रमुख, उनके जीवनसाथी या किसी प्रतिनिधिमंडल का किसी मार्केट, पर्यटन स्थल या दिल्ली के किसी प्रमुख स्थान पर जाने का कार्यक्रम बनता है, तो संबंधित इलाके में कुछ समय के लिए ट्रैफिक प्रतिबंध लगाए जा सकते हैं। ऐसी स्थिति में लोगों को वैकल्पिक रास्तों की जानकारी दी जाएगी। साथ ही ट्रैफिक पुलिस की ओर से एडवाइजरी जारी की जाएगी। बॉर्डर से आने वाले वाहनों का क्या होगा? दिल्ली के बॉर्डर से आने वाले नॉन-डेस्टिनेशन व्हीकल्स यानी ऐसे वाहन जिनकालास्ट डेस्टिनेशन दिल्ली नहीं है, उनकी आवाजाही पर प्रतिबंध लगाया जा सकता है। वहीं, जरूरी सामान लेकर आने वाले एसेंशियल कमोडिटी व्हीकल्स को बॉर्डर पर सुविधा दी जाएगी। उन्हें दिल्ली में प्रवेश की अनुमति होगी, ताकि जरूरी वस्तुओं की सप्लाई प्रभावित न हो। क्या एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड जैसी इमरजेंसी सेवाएं प्रभावित होंगी? नहीं। मेडिकल इमरजेंसी और जरूरी आपातकालीन सेवाओं को लेकर विशेष व्यवस्था की गई है। ट्रैफिक प्रतिबंधों के बावजूद एंबुलेंस, फायर सर्विस और मेडिकल मूवमेंट को प्रभावित नहीं किया जाएगा। किसी भी मेडिकल इमरजेंसी की स्थिति में जरूरी सेवाओं की आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए पुलिस की ओर से विशेष व्यवस्था रहेगी। 11 से 13 सितंबर तक दिल्ली में निकलने वालों के लिए क्या जरूरी है?BRICS Summit के दौरान दिल्ली में सफर करने वालों के लिए सबसे जरूरी बात यह है कि वे बिना प्लान के यात्रा न करें। खासकर एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन, होटल और नई दिल्ली के प्रमुख इलाकों की ओर जाने वाले लोगों को अपना रूट पहले से देख लेना चाहिए।इन बातों का रखें ध्यान यात्रा से पहले ट्रैफिक अपडेट चेक करें। संभावित डायवर्जन वाले रास्तों की जानकारी रखें। एयरपोर्ट या रेलवे स्टेशन जाने के लिए अतिरिक्त समय रखें। जहां संभव हो, मेट्रो का इस्तेमाल करें। कैब बुक करने से पहले पिक-अप और ड्रॉप लोकेशन कन्फर्म करें। Google Maps/Mappls पर रियल-टाइम रूट अपडेट देखते रहें। ट्रैफिक पुलिस के निर्देशों का पालन करें। इमरजेंसी की स्थिति में पुलिस की हेल्पलाइन का इस्तेमाल करें। ये भी पढ़ें- UP News: चुनाव से पहले यूपी की महिलाओं को बड़ा तोहफा! 1 करोड़ दीदियों को मिलेगा ₹100000 तक ब्याज मुक्त कर्ज
दिल्ली में लगने जा रहा दिग्गजों का जमावड़ा, जिनपिंग से लेकर पुतिन तक, कौन-कौन आ रहा भारत?
BRICS Summit 2026 के लिए दिल्ली तैयार है। पुतिन, शी जिनपिंग समेत कई बड़े नेता भारत पहुंचेंगे। समिट से पहले राजधानी में 30 हजार सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं। जानें BRICS में शामिल होने वाले नेताओं की पूरी लिस्ट।
New Delhi, 10 सितंबर . दिल्ली की राऊज एवेन्यू कोर्ट ने Thursday को निप्पॉन डेनरो इस्पात लिमिटेड कोल ब्लॉक मामले में केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की ओर से दाखिल क्लोजर रिपोर्ट को मंजूरी दे दी. कांग्रेस के पूर्व सांसद संदीप दीक्षित और सांसद मणिक्कम टैगोर ने विरोध याचिकाओं के जरिए इस क्लोजर रिपोर्ट को चुनौती ... Read more
दिल्ली में बनेगी खुद की आपदा राहत फोर्स एसडीईआरएफ, सीएम रेखा गुप्ता के निर्देश पर प्रक्रिया शुरू
New Delhi, 10 सितंबर . दिल्ली में किसी भी आपदा से निपटने के लिए अब अपना खुद का त्वरित और सक्षम तंत्र होगा. Chief Minister रेखा गुप्ता के निर्देश पर दिल्ली में राज्य आपदा आपातकालीन राहत बल (एसडीईआरएफ) के गठन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. सीएमओ दिल्ली ने ‘एक्स’ पर जानकारी दी कि ... Read more
एनसीडब्ल्यू वर्कशॉप में हिंदी थोपने का आरोप, सीएम सतीशन ने कहा-यह निंदनीय
New Delhi, 10 सितंबर . Haryana के फरीदाबाद में राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) की तरफ से आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय वर्कशॉप में भाषा को लेकर विवाद खड़ा हो गया है. केरल से आई महिला विधायकों के एक प्रतिनिधिमंडल ने हिंदी के इस्तेमाल और अनुवाद की सुविधा न होने के विरोध में वर्कशॉप से वॉकआउट कर ... Read more
पाकिस्तान जूनियर टीम को इंग्लैंड में एंटी-इमिग्रेंट प्रोटेस्टर्स ने समझ लिया ‘शरण मांगने वाला’ ग्रुप
New Delhi, 10 सितंबर . इंग्लैंड के पोर्ट्समाउथ के एक होटल के बाहर एक अजीबोगरीब मामला सामने आया है. Pakistan अंडर-19 टीम इंग्लैंड के अपने मल्टी-फॉर्मेट टूर के दौरान होटल में रुकी थी. मास्क पहने एंटी-इमिग्रेंट प्रोटेस्टर्स (आप्रवासी-विरोधी प्रदर्शनकारी) के एक ग्रुप ने टीम को ‘आश्रय की तलाश’ वाला ग्रुप समझ लिया. रिपोर्ट के मुताबिक, ... Read more
10 दिन का रेल ट्रैफिक ब्लॉक, दिल्ली से गाजियाबाद, मुरादाबाद और मेरठ जाने वाली 18 ट्रेनें रद्द
गाजियाबाद रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-4 पर 10 दिनों तक ट्रैफिक और पावर ब्लॉक रहेगा। इस दौरान दिल्ली-गाजियाबाद, दिल्ली-मुरादाबाद और दिल्ली-मेरठ रूट पर चलने वाली कई ट्रेनों का संचालन प्रभावित होगा।
दिल्ली सरकार राजधानी में सार्वजनिक शौचालयों की कमी दूर करने के लिए 1000 आधुनिक शौचालय ब्लॉक बनाने की तैयारी में है। पहले चरण में 500 ब्लॉक के निर्माण पर करीब 127 करोड़ रुपये खर्च होंगे, जिसके लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू हो गई है।
दिल्ली के सत्य निकेतन हादसे के बाद नगर निगम की अवैध निर्माण और खतरनाक इमारतों के खिलाफ कार्रवाई जारी है।
नई दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में पीजी हॉस्टल की पांच मंजिला इमारत गिरने के हादसे के बाद राजधानी लखनऊ में एलडीए की नींद टूटी है।
दिल्ली-एनसीआर में आबोहवा की गुणवत्ता सुधार को लेकर हरियाणा सरकार ने शुरु किए ठोस प्रयास
मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी ने आज यहां यमुना एक्शन प्लान तथा दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में वायु गुणवत्ता सुधार से संबंधित कार्ययोजनाओं की समीक्षा की और विभिन्न विभागों को निर्धारित कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।
दिल्ली में EWS सीटों के लिए ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया शुरू
दिल्ली के शिक्षा निदेशालय ने 2026-27 शैक्षणिक सत्र के लिए EWS सीटों के लिए ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया शुरू की है। इच्छुक अभ्यर्थी 20 सितंबर 2026 तक आवेदन कर सकते हैं। यह प्रक्रिया कक्षा 2 और उससे ऊपर की खाली सीटों के लिए है। आवेदन के लिए आय सीमा, आयु मानदंड और आवश्यक दस्तावेजों की जानकारी प्राप्त करें। लॉटरी के माध्यम से सीट आवंटन किया जाएगा।
गाजियाबाद रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म 4 पर जंग लगी पटरियों और क्षतिग्रस्त स्लीपरों को बदलने के लिए 10 दिनों का पावर और ट्रैफिक ब्लॉक लिया जाएगा।
दिल्ली हाईकोर्ट ने गुरुवार को कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के नेताओं सौरव दास और आशुतोष रांका की ओर से भाजपा नेता और वरिष्ठ अधिवक्ता गौरव भाटिया के बारे में बिना सत्यापन पोस्ट करने को सही नहीं बताया।
‘काला हिरण’ की रिलीज पर सलमान खान ने की रोक की मांग, मेकर्स बोले-फिल्म रिलीज के लिए तैयार ही नहीं
New Delhi, 10 सितंबर . फिल्म ‘काला हिरण: द बैटल फॉर लिगेसी’ को लेकर सलमान खान और इसके मेकर्स के बीच कानूनी लड़ाई चल रही है. सलमान खान ने इस फिल्म की रिलीज और प्रमोशन पर रोक लगाने के लिए दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दायर की है. सलमान का कहना है कि फिल्म में उनके ... Read more
भारत की अध्यक्षता में नई दिल्ली का प्रगति मैदान स्थित 'भारत मंडपम' 12 और 13 सितंबर को 18वें BRICS शिखर सम्मेलन की मेजबानी के लिए पूरी तरह तैयार है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी विस्तारित ब्रिक्स संगठन और इसके सहयोगी (Partner) देशों के राष्ट्राध्यक्षों का स्वागत करेंगे। इस साल भारत BRICS की अध्यक्षता कर रहा है। इस दो दिवसीय वैश्विक महाकुंभ में बहुपक्षवाद (Multilateralism), व्यापार, निवेश, ऊर्जा, खाद्य सुरक्षा, सप्लाई चेन और ग्लोबल गवर्नेंस जैसे महत्वपूर्ण वैश्विक मुद्दों पर गहन मंथन होगा। BRICS के 11 पूर्ण सदस्य देश हैं - ब्राज़ील, रूस, भारत, चीन, दक्षिण अफ्रीका, मिस्र, इथियोपिया, इंडोनेशिया, ईरान, सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात। दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा ने पुष्टि की है कि वे समिट में शामिल होंगे। 18वें ब्रिक्स सम्मेलन से जुड़ी 5 मुख्य बातें और भाग लेने वाले वैश्विक नेताओं की सूची: 1. दो दिवसीय कार्यक्रम का खाका 12 सितंबर (शनिवार): मुख्य शिखर सम्मेलन की शुरुआत होगी, जिसमें ब्रिक्स के 11 पूर्ण सदस्य देशों के शीर्ष नेता शामिल होंगे। 13 सितंबर (रविवार): आउटरीच प्रोग्राम और पार्टनर देशों के प्रतिनिधियों के साथ उच्चस्तरीय सत्र का आयोजन किया जाएगा। 2. BRICS के 11 सदस्य देशों से शामिल होने वाले प्रमुख नेता भारत की अध्यक्षता में आयोजित हो रहे इस सम्मेलन में ब्रिक्स के 11 पूर्ण सदस्य देशों के प्रतिनिधि शिरकत कर रहे हैं: शी जिनपिंग — राष्ट्रपति, चीन व्लादिमीर पुतिन — राष्ट्रपति, रूस सिरिल रामफोसा — राष्ट्रपति, दक्षिण अफ्रीका मसूद पेज़ेशकियन — राष्ट्रपति, ईरान अब्देल फतह अल-सिसी — राष्ट्रपति, मिस्र अबी अहमद — प्रधानमंत्री, इथियोपिया प्राबोवो सुबियांतो — राष्ट्रपति, इंडोनेशिया शेख खालिद बिन मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान — क्राउन प्रिंस, अबू धाबी (UAE) मौरो विएरा — विदेश मंत्री, ब्राजील 3. ब्रिक्स पार्टनर, आउटरीच देश और UN के शीर्ष अधिकारी सम्मेलन में आउटरीच आमंत्रितों के रूप में कई वैश्विक नेता हिस्सा लेंगे: अलेक्जेंडर लुकाशेंको — राष्ट्रपति, बेलारूस कासिम-जोमार्ट टोकायेव — राष्ट्रपति, कजाकिस्तान अनवर इब्राहिम — प्रधानमंत्री, मलेशिया अनुतिन चर्नविराकुल — प्रधानमंत्री, थाईलैंड मिगुएल डियाज़-कैनेल — राष्ट्रपति, क्यूबा बोला अहमद टिनुबू — राष्ट्रपति, नाइजीरिया शवकत मिर्जियोयेव — राष्ट्रपति, उज्बेकिस्तान जेसिका अलुपो — उपराष्ट्रपति, युगांडा एंटोनियो गुटेरेस — महासचिव, संयुक्त राष्ट्र (UN) 4. शुक्रवार को 'BRICS बिजनेस फोरम' में पीएम मोदी का संबोधन मुख्य सम्मेलन से एक दिन पहले, शुक्रवार (11 सितंबर) को पीएम नरेंद्र मोदी नई दिल्ली में ब्रिक्स बिजनेस फोरम को संबोधित करेंगे। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल और विदेश मंत्री एस. जयशंकर उद्घाटन सत्र को संबोधित करेंगे। इसमें भाग लेने के लिए चीन, रूस, ब्राजील और यूएई की दिग्गज कंपनियों के चेयरमैन और सीईओ का एक बड़ा प्रतिनिधिमंडल दिल्ली पहुंच रहा है: चीनी प्रतिनिधिमंडल: होउलियांग दाई (CNPC), लिन लियाओ (ICBC), मिन वान (China COSCO Shipping) सहित हुआवेई (Huawei) और अलीबाबा ग्रुप के शीर्ष अधिकारी। वैश्विक कॉरपोरेट लीडर्स: फ्रांसिस्को गोम्स नेटो (CEO, एम्ब्रेयर), गुस्तावो पिमेंटा (CEO, वेले), फुथी महानेले-डाबेंगवा (CEO, नैस्पर्स), ओलेग बेलोज़ेरोव (CEO, रशियन रेलवेज़) और अलेक्जेंडर वेद्याखिन (Sberbank)। 5. अभेद्य सुरक्षा और ब्रिक्स का सफर इस बहुपक्षीय सम्मेलन के मद्देनजर सुरक्षा बलों ने एयरपोर्ट, भारत मंडपम और लुटियंस दिल्ली के सभी प्रमुख होटलों में अभेद्य सुरक्षा कवच तैनात किया है। उल्लेखनीय है कि 2006 में ब्राजील, रूस, भारत और चीन ने मिलकर ब्रिक्स का गठन किया था। 2010 में दक्षिण अफ्रीका, 2024 में मिस्र, इथियोपिया, ईरान, यूएई और बाद में इंडोनेशिया के जुड़ने से यह समूह अब दुनिया की आधी आबादी का प्रतिनिधित्व करने वाला एक शक्तिशाली वैश्विक मंच बन चुका है।
पूर्वी दिल्ली में एमसीडी का चल रहा हथौड़ा: लक्ष्मी नगर से न्यू अशोक नगर तक अवैध निर्माण पर कार्रवाई जारी
BRICS सम्मेलन की सुरक्षा सिर्फ दिल्ली तक सीमित नहीं रखी गई है. दिल्ली-NCR के साथ हरियाणा, उत्तर प्रदेश, पंजाब, राजस्थान और चंडीगढ़ की सुरक्षा एजेंसियों के बीच भी समन्वय बढ़ाया गया है.
ब्रिक्स से भारत को क्या मिला? चिदंबरम के सवाल पर भाजपा का जवाब
New Delhi, 10 सितंबर . कांग्रेस के नेता पी. चिदंबरम के ब्रिक्स शिखर सम्मेलन को लेकर दिए गए बयान पर भाजपा ने तीखी प्रतिक्रिया दी. भाजपा ने पूछा कि कांग्रेस ने आजादी के बाद से कूटनीति के क्षेत्र में क्या हासिल किया है. दरअसल, पी. चिदंबरम ने हाल ही में एक इंटरव्यू में सवाल उठाया ... Read more
New Delhi, 10 सितंबर . आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने उज्बेकिस्तान के समरकंद में आयोजित 12वें इंटर-पार्लियामेंटरी यूनियन (आईपीयू) सम्मेलन में India की ओर से महिलाओं के Political अधिकारों और Political भागीदारी का मुद्दा प्रमुखता से उठाया. सम्मेलन के एक सत्र में उन्होंने “महिलाओं के Political अधिकार सुनिश्चित करना” विषय पर ... Read more
हाईवे पर हादसे का लाइव वीडियो: फरीदाबाद में चलती बाइक रेलिंग से टकराई, दिल्ली जा रहे थे दोनों
हाईवे पर हादसे का लाइव वीडियो: फरीदाबाद में चलती बाइक रेलिंग से टकराई, दिल्ली जा रहे थे दोनों
मुजफ्फरपुर के SKMCH सेक्टर हेडक्वार्टर में तैनात एसएसबी एएसआई विकास कुमार पर दिल्ली की एक और लखनऊ की दो महिलाओं ने ठगी और ब्लैकमेलिंग का आरोप लगाया है। दिल्ली की महिला ने विकास के साथी पर मुजफ्फपुर बुलाकर रेप करने और वीडियो बनाने का भी आरोप लगाया। बुधवार को दिल्ली की महिला ने विकास और उसके साथी के खिलाफ एसएसबी मुख्यालय और नगर थाना, जबकि लखनऊ की दोनों पीड़िताओं ने विकास की शिकायत एसएसबी और अहियापुर थाने में लिखित शिकायत की है। आरोप है कि विकास ने तीनों महिलाओं को सोशल मीडिया पर वायरल होने और फॉलोअर बढ़ाने का झांसा देकर मुजफ्फरपुर बुलाया था। फिलहाल, इस मामले में एसएसबी ने मामले का स्वत: संज्ञान लिया है। घटना की जानकारी के बाद तीन सदस्यीय जांच कमेटी की गठन किया गया है, जो जांच पड़ताल कर रही है। महिलाओं से आरोपों को लेकर साक्ष्य मांगे गए हैं। पहले आरोपी की 3 तस्वीरें देखिए अब सिलसिलेवार तरीके से जानिए पूरा मामला पहले दिल्ली की महिला के आरोपों का जानिए दिल्ली की रहने वाली महिला का आरोप है कि एएसआई विकास कुमार ने उसे 7 दिसंबर 2025 को मुजफ्फरपुर बुलाया था। इस दौरान वो अपने दो साल के बेटे को लेकर आई थी। पीड़िता के अनुसार, मुजफ्फरपुर पहुंचने के बाद उसे स्टेशन रोड स्थित एक होटल में ठहराया गया। आरोप है कि होटल में एएसआई के साथी ने उसके साथ दुष्कर्म किया और उसका वीडियो भी बना लिया। विरोध करने पर उसे बच्चे की हत्या की धमकी दी गई। पीड़िता का कहना है कि धमकी से डरकर वह उस समय विरोध नहीं कर सकी। अगले दिन वह वापस दिल्ली लौट गई। वीडियो वायरल करने की धमकी देकर मांगे रुपए पीड़िता ने आरोप लगाया कि दिल्ली लौटने के बाद एएसआई और उसका साथी वीडियो के नाम पर उसे ब्लैकमेल करने लगे। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल करने की धमकी देकर उससे रुपए मांगे गए। आरोप है कि उससे 20 हजार रुपए भी लिए गए। इसके बाद और पैसे की मांग की गई। पीड़िता ने घटना की जानकारी अपने पति को दी। पहले SSB मुख्यालय में की थी शिकायत पीड़िता ने नगर थाने में शिकायत करने से पहले एसएसबी मुख्यालय में ऑनलाइन शिकायत भेजी थी। इसके बाद मुजफ्फरपुर स्थित एसएसबी सेक्टर मुख्यालय की ओर से उसे गवाही और बयान दर्ज कराने के लिए नोटिस भेजा गया। पीड़िता के अनुसार, वो 7 सितंबर को बयान देने मुजफ्फरपुर पहुंची थी। आरोप है कि यहां उस पर बयान बदलने और शिकायत वापस लेने का दबाव बनाया गया। इसके बाद उसने पुलिस से शिकायत करने का फैसला लिया। नगर थाना पुलिस का कहना है कि महिला की ओर से ऑनलाइन आवेदन मिला है। आवेदन की जांच की जाएगी। जांच के बाद प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी। लखनऊ की दो इनफ्लुएंसर ने भी लगाए आरोप इधर, लखनऊ की दो अन्य महिला इनफ्लुएंसर ने भी इसी एएसआई पर सोशल मीडिया के जरिए अश्लील मैसेज भेजने और शोषण करने के आरोप लगाए हैं। दोनों ने एसएसबी में शिकायत की है। उन्हें भी बयान दर्ज कराने के लिए मुजफ्फरपुर बुलाया गया था। लखनऊ से पहुंची दोनों महिलाओं ने भी आरोप लगाया कि उन पर शिकायत वापस लेने के लिए दबाव और धमकी दी जा रही है। दोनों ने अहियापुर थाने में सनहा दर्ज कराने के लिए ऑनलाइन आवेदन दिया है। 'विकास फौजी' नाम से दो सोशल मीडिया अकाउंट चलाता है आरोपी विकास कुमार फेसबुक पर 'विकास फौजी' नाम से दो अकाउंट चलाता है। वो सिटी पार्क में ब्लॉगर्स के साथ मीटअप करता था। ब्लॉगर्स का आरोप है कि विकास फेसबुक से पैसा कमाने का तरीका सिखाने की एवज में प्रति व्यक्ति 5 हजार रुपए वसूलते थे। नगर थाना में भी उसके खिलाफ ठगी की लिखित शिकायत दी गई है। विवाद के सामने आने के बाद सिटी पार्क में आने पर रोक लगने पर उसने छोटे पार्क में मीटअप करना शुरू किया था। वहीं, एसएसबी सेक्टर हेडक्वार्टर सेकंड इन कमान रजनीश कुमार मोरल ने बताया कि एसएसबी ने मामले का स्वत: संज्ञान लिया है। तीन सदस्यीय जांच कमेटी पड़ताल कर रही है। महिला से आरोपों को लेकर साक्ष्य मांगे गए हैं। महिला ने एक अन्य व्यक्ति पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं।
दिल्ली में छात्रों की सुरक्षा पर पुलिस का नया प्लान, SHO-ACP सीधे सुनेंगे समस्याएं
नई दिल्ली, 10 सितंबर2026 । दिल्ली में कॉलेज और यूनिवर्सिटी छात्रों की सुरक्षा और उनकी रोजमर्रा की समस्याओं को लेकर दिल्ली पुलिस ने एक नई पहल शुरू की है। उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू के निर्देश के बाद पुलिस अधिकारियों को छात्रों से सीधे संवाद करने और उनकी शिकायतों को समझने के निर्देश दिए गए हैं। […] The post दिल्ली में छात्रों की सुरक्षा पर पुलिस का नया प्लान, SHO-ACP सीधे सुनेंगे समस्याएं appeared first on Rashtriya Ujala .
भारतीय शिक्षा प्रणाली की व्यवस्था और देश की राजधानी दिल्ली में लगातार सामने आने वाली बुनियादी समस्याओं को लेकर अक्सर अपनी बेबाक राय रखने वाले मशहूर उद्यमी और शार्क टैंक फेम अशनीर ग्रोवर ने एक बार फिर से अपने तीखे बयानों से सनसनी मचा दी है। दिल्ली के एक पीजी में हाल ही में हुई दर्दनाक और झकझोर देने वाली दुर्घटना के बाद जहां हर तरफ शोक और गुस्से का माहौल है, वहीं अशनीर ग्रोवर ने इस पूरी घटना को केवल एक साधारण हादसा मानने से इनकार करते हुए देश की उच्च शिक्षा और शहरी बुनियादी ढांचे पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने सोशल मीडिया और विभिन्न चर्चाओं के दौरान यह कड़ा बयान दिया है कि यदि दिल्ली विश्वविद्यालय यानी डीयू जैसे प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थानों के विकास और आधुनिकीकरण के लिए बीस हजार करोड़ रुपये की भारी-भरकम राशि की आवश्यकता है, तो सरकार को इस दिशा में प्राथमिकता के आधार पर काम करना चाहिए। अशनीर का यह तर्क है कि जब देश के युवाओं को अपनी ही राजधानी में सुरक्षित रहने के लिए ढंग के पीजी, हॉस्टल और बुनियादी सुविधाएं नहीं मिलती हैं और शैक्षणिक संस्थानों में बजट की कमी बनी रहती है, तो मजबूर होकर मध्यम और उच्च वर्ग के लोग अपने बच्चों को उच्च शिक्षा के लिए विदेश भेजने को मजबूर हो जाते हैं। इस बेबाक और कड़े बयान के सामने आने के बाद से राजनीतिक गलियारों से लेकर शैक्षणिक जगत तक में एक नया भूचाल आ गया है, और लोग इस बात पर बहस कर रहे हैं कि क्या भारत की शिक्षा और नगरीय व्यवस्था वाकई उस स्तर पर पिछड़ रही है जहां युवाओं को भारी कीमत चुकानी पड़ रही है।दिल्ली के पीजी हादसों का खौफनाक सच और छात्रों की सुरक्षा पर खड़े होते गंभीर सवालदेश के कोने-कोने से लाखों छात्र हर साल अपने सुनहरे भविष्य की उम्मीद लेकर दिल्ली विश्वविद्यालय और अन्य बड़े संस्थानों में पढ़ाई करने के लिए आते हैं, जिनके रहने के लिए दिल्ली के मुखर्जी नगर, विजय नगर, ओखला और राजेंद्र नगर जैसे इलाके मुख्य केंद्र माने जाते हैं। लेकिन इन इलाकों में संचालित होने वाले अधिकांश प्राइवेट पीजी और हॉस्टल बिना किसी मानक, फायर सेफ्टी और प्रशासनिक अनुमति के अवैध रूप से चल रहे हैं, जहां छात्रों की जान हमेशा खतरे में बनी रहती है। हाल ही में हुए उस भीषण पीजी हादसे ने एक बार फिर से इस कड़वी सच्चाई को उजागर कर दिया है कि किस तरह से व्यावसायिक मुनाफे की अंधी दौड़ में छात्रों की सुरक्षा को ताक पर रख दिया जाता है और स्थानीय प्रशासन आंखें मूंदकर बैठा रहता है। जब युवा छात्र अपने घरों से दूर रहकर इस तरह के असुरक्षित माहौल में अपनी पढ़ाई पूरी करने को मजबूर होते हैं, तो उनके माता-पिता की सांसें हर वक्त अटकी रहती हैं कि कहीं कोई अनहोनी न हो जाए। अशनीर ग्रोवर ने इसी व्यवस्था की पोल खोलते हुए यह सवाल उठाया है कि आखिर कब तक हमारे देश के बच्चे इस तरह की लापरवाही और लचर व्यवस्था की भेंट चढ़ते रहेंगे, और कब सरकार व प्रशासन इन अवैध और असुरक्षित पीजी संचालकों पर शिकंजा कसने के लिए कोई ठोस और स्थाई नीति बनाएगा।शिक्षा के नाम पर बड़े-बड़े दावे और जमीनी स्तर पर बजट की कमी का गंभीर संकटभारत सरकार और विभिन्न राज्य सरकारें देश में शिक्षा के स्तर को सुधारने और विश्वस्तरीय यूनिवर्सिटी बनाने के बड़े-बड़े दावे करती हैं, लेकिन जब धरातल पर बजट आवंटन और बुनियादी सुविधाओं की बात आती है, तो स्थिति काफी निराशाजनक नजर आती है। अशनीर ग्रोवर ने अपने बयान में स्पष्ट रूप से इस बात का जिक्र किया है कि दिल्ली विश्वविद्यालय जैसे ऐतिहासिक और विशाल संस्थान को अपनी साख बनाए रखने और आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार करने के लिए भारी फंड की दरकार है, जिसे पूरा करने में सरकारें कंजूसी कर रही हैं। जब देश के प्रमुख सरकारी विश्वविद्यालयों में प्रयोगशालाएं पुरानी हो जाती हैं, हॉस्टल की इमारतें जर्जर होने लगती हैं और रिसर्च के लिए पर्याप्त बजट नहीं मिलता है, तो छात्रों का मोहभंग होना स्वाभाविक हो जाता है। शिक्षा किसी भी राष्ट्र के विकास की सबसे पहली और मजबूत सीढ़ी होती है, और यदि उसी पर सबसे कम ध्यान दिया जाएगा, तो देश की प्रतिभाएं धीरे-धीरे विदेश की तरफ पलायन करने के लिए मजबूर हो जाएंगी। यही कारण है कि आज भारत का एक बहुत बड़ा छात्र वर्ग अमेरिका, ब्रिटेन, कनाडा और यूरोप के अन्य देशों का रुख कर रहा है, जहां उन्हें भले ही भारी भरकम फीस चुकानी पड़े, लेकिन कम से कम उन्हें एक सुरक्षित, आधुनिक और व्यवस्थित शैक्षणिक माहौल तो मिलता है।भारत से विदेशों की ओर होता युवा पलायन और देश की अर्थव्यवस्था पर इसका गहरा प्रभावअपने देश की लचर शिक्षा व्यवस्था, सुरक्षित आवासों की कमी और सीमित अवसरों से तंग आकर हर साल लाखों छात्र अपने माता-पिता की गाढ़ी कमाई खर्च करके विदेश की धरती पर उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए जा रहे हैं, जिसे आज के समय में 'ब्रेन Drain' यानी प्रतिभा पलायन के रूप में देखा जा रहा है। अशनीर ग्रोवर के इस बयान ने इस गंभीर मुद्दे पर एक बार फिर से रोशनी डाली है कि कैसे भारत अपने सबसे होनहार युवाओं को रोकने में नाकाम साबित हो रहा है क्योंकि हमारे यहां का सिस्टम उन्हें वह भरोसा नहीं दे पा रहा है जिसकी वे उम्मीद करते हैं। जब छात्र एक बार विदेश चले जाते हैं, तो उनमें से अधिकांश लोग वहीं की कंपनियों में सेटल हो जाते हैं और अपनी योग्यता का लाभ भारत के बजाय दूसरे देशों की अर्थव्यवस्था को पहुंचाते हैं, जिससे देश को एक बहुत बड़ा आर्थिक और बौद्धिक नुकसान उठाना पड़ता है। यदि भारत को वाकई एक ग्लोबल सुपरपावर बनना है और दुनिया का नेतृत्व करना है, तो उसे अपने देश के अंदर ही ऐसे विश्वस्तरीय संस्थान और सुरक्षित शहर विकसित करने होंगे जहां युवा बिना किसी डर और परेशानी के अपनी पढ़ाई और करियर को आगे बढ़ा सकें। इसके लिए शिक्षा के बजट में भारी बढ़ोतरी करने के साथ-साथ शहरी विकास योजनाओं को भी पूरी पारदर्शिता और सख्ती के साथ लागू करने की आवश्यकता है, ताकि किसी भी छात्र को मजबूरी में अपना देश न छोड़ना पड़े।अशनीर ग्रोवर के तीखे तेवर और सोशल मीडिया पर छिड़ी देशव्यापी बहस के मायनेअपने बेबाक अंदाज और बिना किसी लाग-लपेट के सीधे शब्दों में अपनी बात रखने के लिए पहचाने जाने वाले अशनीर ग्रोवर ने इस बार जिस तरह से दिल्ली के पीजी हादसे को शिक्षा व्यवस्था और सरकारी नीतियों से जोड़ा है, उसने आम जनता के दिलों को छू लिया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर उनके इस बयान को लाखों लोगों द्वारा शेयर किया जा रहा है और हर कोई इस बात की सराहना कर रहा कम से कम किसी ने तो मुख्यधारा की राजनीति से हटकर इस गंभीर मुद्दे पर खुलकर अपनी आवाज उठाई है। लोग अब यह मांग कर रहे हैं कि केवल बयानबाजी या संवेदना व्यक्त करने से कुछ नहीं होगा, बल्कि सरकार को तुरंत प्रभाव से दिल्ली और देश के अन्य बड़े शैक्षणिक केंद्रों में छात्रों के लिए हॉस्टल और पीजी के नियम कड़े करने चाहिए। यदि समय रहते इन बुनियादी समस्याओं का समाधान नहीं किया गया, तो आने वाले समय में यह संकट और अधिक विकराल रूप धारण कर सकता है, जिससे देश के युवाओं का भविष्य अधर में लटक जाएगा। अशनीर ग्रोवर की यह चेतावनी नीति निर्माताओं के लिए एक बहुत बड़ी घंटी है जिसे सुनकर उन्हें नींद से जागना होगा और देश की शिक्षा तथा युवा सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देनी होगी, ताकि किसी भी अन्य माता-पिता को अपनी संतान को इस तरह की व्यवस्था की भेंट न चढ़ाना पड़े।
दिल्ली दंगा आरोपी ताहिर हुसैन को कोर्ट से राहत, जेल में इस्तेमाल कर सकेगा इलेक्ट्रिक केतली और तख्त
दिल्ली दंगा मामले के आरोपी पूर्व आप पार्षद ताहिर हुसैन को कड़कड़डूमा अदालत ने जेल में इलेक्ट्रिक केतली और लकड़ी का तख्त इस्तेमाल करने की अनुमति दी है।
दिल्ली हाई कोर्ट में सोशल मीडिया ऐप्स में इनफिनिट स्क्रॉल और ऑटो-प्ले जैसे लत लगाने वाले फीचर्स के खिलाफ जनहित याचिका दायर की गई है।
मुरादाबाद में हाईवे पर दौड़ते ट्रक में लगी आग:दिल्ली हाईवे पर CNG पंप के सामने हुआ हादसा
मुरादाबाद में लखनऊ दिल्ली नेशनल हाईवे पर गुरुवार दोपहर एक मिनी ट्रक में आग लग गई। हादसा गुरुवार दोपहर पाकबड़ा थाना क्षेत्र में मार्टको एक्सपोर्ट के सामने हुआ।हाईवे पर एक ट्रक में आग लगी देख बाकी वाहन स्वामी सहम गए। तुरंत घटना के बारे में पुलिस और फायर ब्रिगेड को सूचना दी गई। इसके बाद मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड की गाड़ी में आग पर काबू पाया।
गैंगस्टर अबू सलेम को Supreme Court से झटका, रिहाई की मांग वाली याचिका खारिज
New Delhi, 10 सितंबर . Supreme Court ने Thursday को बॉम्बे हाईकोर्ट के फैसले को बरकरार रखते हुए 1993 के Mumbai सीरियल ब्लास्ट के दोषी और गैंगस्टर अबू सलेम की रिहाई से जुड़ी याचिका को खारिज कर दिया. जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की बेंच ने यह फैसला सुनाया. अबू सलेम ने बॉम्बे ... Read more
दिल्ली में राष्ट्रीय लोक अदालत और कोर्ट की कुछ महत्वपूर्ण तारीखों में बदलाव किया गया है।
दिल्ली पुलिस ने 11-13 सितंबर 2026 को भारत मंडपम में होने वाले BRICS Summit के लिए व्यापक ट्रैफिक एडवाइजरी जारी की है। इसमें 22 डायवर्जन पॉइंट और 35 से अधिक नियंत्रित सड़कें शामिल हैं।
प्रियंका गांधी के नाम पर पर ठगी की कोशिश, कार्यालय ने जारी किया स्कैम अलर्ट
New Delhi, 10 सितंबर . वायनाड की सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा के नाम और उनके आवाज का इस्तेमाल कर साइबर ठग लोगों को ठगने की कोशिश कर रहे हैं. इसको लेकर प्रियंका गांधी के कार्यालय ने इंस्टाग्राम पर Thursday को ‘स्कैम अलर्ट’ जारी किया है. कार्यालय ने बताया कि वॉट्सऐप, इंस्टाग्राम और अन्य social media ... Read more
New Delhi, 10 सितंबर . ग्लोबल इन्वेस्टमेंट बैंक जेफरीज ने कहा कि India की ‘नई औद्योगिक क्रांति’ में घरेलू बाजार अहम भूमिका निभाएगा. इस दौरान स्पेस, सेमीकंडक्टर, डेटा सेंटर्स, इलेक्ट्रोनिक्स,सोलर मैन्युफैक्चरिंग और एयरोस्पेस सेक्टर में तेज ग्रोथ और Governmentी नीतिगत समर्थन से निजी क्षेत्र की हिस्सेदारी बढ़ेगी. रिपोर्ट में कहा गया है कि India में ... Read more
ब्रिक्स शिखर सम्मेलन: भारत दौरे पर आ सकते हैं चीनी राष्ट्रपति जिनपिंग, पीएम मोदी के साथ द्विपक्षीय बैठक संभवpm modi xi jinping bilateral meeting brics summit delhi galwan lac
अरुणाचल में तेज बहाव के बीच बीआरओ ने पुल को किया बहाल, वाहनों की आवाजाही शुरू
New Delhi, 10 सितंबर बॉर्डर रोड ऑर्गनाइजेशन ने तेज बहाव वाली लोहित नदी पर बने 800 फीट लंबे करोटी पुल को चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में बहाल किया है. अरुणाचल प्रदेश में एक ओवरलोडेड टिपर से पुल के नुकसान पहुंचने के बाद बॉर्डर रोड ऑर्गनाइजेशन (बीआरओ) यह कार्य किया है. बीआरओ के मुताबिक यह घटना 116 रोड ... Read more
दिल्ली में 11 से 16 सितंबर के बीच हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है।

