दीपोत्सव में संवेदना की मिसाल: व्हीलचेयर सेवा से सुलभ हुए रामलला और सरयू आरती के दर्शन
*अयोध्या, 05 नवंबर।* दीपोत्सव में अयोध्या की जगमगाती रोशनी के बीच आस्था का एक ऐसा पक्ष भी सामने आ रहा है, जो संवेदनाओं से जुड़ा है। दीपोत्सव और रामलला के दर्शन की अभिलाषा लेकर पहुंचने वाले दिव्यांगों और वरिष्ठ नागरिकों के लिए व्हीलचेयर की व्यवस्था उनकी आस्था की राह आसान बना रही है। जिन श्रद्धालुओं […]
दीपोत्सव का दशक: एलईडी स्क्रीन और डिजिटल डिस्प्ले से अयोध्या के चप्पे-चप्पे पर जीवंत होगा उत्सव
*अयोध्या, 05 नवम्बर।* भव्य और दिव्य दीपोत्सव-2026 के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार ने रामनगरी को तकनीक और आधुनिकता के अनुपम संगम से सजाने की पूरी तैयारी कर ली है। श्रद्धालुओं और पर्यटकों को दीपोत्सव के हर दिव्य क्षण का सजीव अनुभव कराने के लिए शहरभर में अत्याधुनिक एलईडी वैन, […]
उरई वृद्धाश्रम में मनाया गया दीपोत्सव:डीएम और एसपी ने बुजुर्गों व बच्चों संग जलाए दीप, बांटे उपहार
जालौन के उरई स्थित वृद्धाश्रम में दीपावली पर ‘हमारी उम्मीद मिशन’ के तहत दीपोत्सव कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें जिलाधिकारी समीर और पुलिस अधीक्षक सुरेश चंद्र रावत ने बच्चों और बुजुर्गों के साथ दीप जलाकर त्योहार की खुशियां साझा कीं। कार्यक्रम के दौरान वृद्धाश्रम में रहने वाले बुजुर्गों ने बच्चों को उपहार भेंट किए। उपहार पाकर बच्चों के चेहरे खिल उठे। वहीं, बच्चों के साथ समय बिताकर बुजुर्गों के चेहरों पर भी मुस्कान नजर आई। डीएम और एसपी ने सभी को दीपावली की शुभकामनाएं दीं। ‘हमारी उम्मीद मिशन’ के तहत बच्चों को बुजुर्गों के प्रति सम्मान, सेवा और संवेदना का भाव सिखाने के साथ उन्हें बुजुर्गों के अनुभव और आशीर्वाद से जोड़ने का प्रयास किया गया।
पन्ना जिले में आबकारी विभाग ने चार जगह दबिश देकर अवैध शराब और उसे बनाने के उपकरण जब्त किए। कार्रवाई में देशी मदिरा के 25 पाव और 25 लीटर महुआ की कच्ची शराब मिली। चार आरोपियों के खिलाफ मध्यप्रदेश आबकारी अधिनियम की धारा 34(1) के तहत अलग-अलग केस दर्ज किए गए हैं। आबकारी आयुक्त दीपक सक्सेना और पन्ना कलेक्टर हर्ष सिंह के निर्देश पर यह अभियान चलाया जा रहा है। उपायुक्त आबकारी सागर संभाग आलोक खरे के मार्गदर्शन और जिला आबकारी अधिकारी मुकेश मौर्य के नेतृत्व में टीम बनाई गई। सहायक जिला आबकारी अधिकारी शंभू दयाल सिंह जाटव को नोडल अधिकारी बनाया गया। जनकपुर में देशी शराब के 25 पाव मिले आबकारी उपनिरीक्षक वृत्त पन्ना मुकेश पाण्डेय ने टीम के साथ पहली दबिश वार्ड क्रमांक 28, जनकपुर में दी। यहां सुनीता अहिरवार पत्नी रामगोपाल अहिरवार के घर से देशी मदिरा के 25 पाव यानी 4.5 बल्क लीटर शराब मिली। इसकी कीमत करीब 1,900 रुपए बताई गई। तीन जगह महुआ की कच्ची शराब जब्त दूसरी दबिश रकसेहा गांव में कोतवाली थाना क्षेत्र के तहत रामप्रसाद गौंड पुत्र भूपत गौंड के मकान के पीछे बने बाड़े में दी गई। यहां से हाथभट्टी और कच्ची शराब बनाने के उपकरणों के साथ 12 लीटर महुआ की कच्ची शराब मिली। इसकी कीमत करीब 1,800 रुपए आंकी गई। तीसरी कार्रवाई कृष्णा कल्याणपुर गांव में हुई। कल्ली आदिवासी पत्नी लुंजा आदिवासी के घर से 5 लीटर हाथभट्टी से बनी महुआ की कच्ची शराब और शराब बनाने के उपकरण जब्त किए गए। इसकी कीमत 750 रुपए बताई गई। चौथी दबिश बृजपुर थाना क्षेत्र के भमका गांव में सीताराम कोरी पुत्र वृंदा कोरी के घर पर दी गई। यहां से 8 लीटर हाथभट्टी से बनी महुआ की कच्ची शराब मिली। इसकी कीमत करीब 1,200 रुपए बताई गई।
डिब्बे समेत मिठाई तौल रहे चार दुकानदारों पर केस:कौशांबी में छापेमारी, 35 दुकानों की हो चुकी जांच
कौशांबी में दीपावली पर मिठाई खरीदने वाले ग्राहकों के साथ वजन में गड़बड़ी का मामला सामने आया है। विधिक माप विज्ञान विभाग की जांच में चार मिठाई विक्रेता डिब्बे समेत मिठाई तौलते और निर्धारित वजन से कम मिठाई देते मिले। एक किलो मिठाई की तौल में 58 से 154 ग्राम तक की कमी पाई गई। विभाग ने चारों दुकानदारों के खिलाफ चालान की कार्रवाई की है। गुरुवार दोपहर करीब 1 बजे विधिक माप विज्ञान विभाग की टीम ने मुख्यालय क्षेत्र की मिठाई दुकानों पर जांच की। वरिष्ठ निरीक्षक विजय कुमार ने बताया कि जिले में 26 अक्टूबर से विशेष जांच अभियान चलाया जा रहा है। चार दुकानों पर मिली वजन में गड़बड़ी जांच के दौरान मेसर्स न्यू विजय मिष्ठान भंडार, कम्हियावा में एक किलो मिठाई की तौल में 58 ग्राम की कमी मिली। मेसर्स मिश्रा स्वीट हाउस, टेंगाई में 69 ग्राम और मेसर्स मोदनवाल स्वीट हाउस, पुरखास में 154 ग्राम मिठाई कम पाई गई। वहीं, प्रमेश कुमार गुप्ता की स्वीट शॉप पर भी एक किलो के निर्धारित वजन में 130 ग्राम की कमी मिली। टीम ने चारों दुकानदारों के खिलाफ मौके पर चालान किया। डिब्बे का वजन भी मिठाई में जोड़ रहे थे विभागीय अधिकारियों के मुताबिक, जांच में कुछ दुकानदार एक किलो मिठाई के बजाय 1150 ग्राम तक तौलते मिले। इससे स्पष्ट हुआ कि दुकानदारों में जांच को लेकर सतर्कता भी थी। अधिकारियों ने सभी मिठाई विक्रेताओं को निर्धारित मानकों के अनुसार तौल करने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि मिठाई के वास्तविक वजन में डिब्बे का वजन शामिल नहीं किया जाना चाहिए। भैया दूज तक चलेगा जांच अभियान वरिष्ठ निरीक्षक विजय कुमार ने ग्राहकों से मिठाई खरीदते समय वजन की जांच करने और तौल के प्रति जागरूक रहने की अपील की। उन्होंने बताया कि दीपावली के मद्देनजर चलाया जा रहा विशेष अभियान भैया दूज तक जारी रहेगा। अब तक जिले में 35 मिठाई की दुकानों का निरीक्षण किया जा चुका है। जांच टीम में वरिष्ठ निरीक्षक विजय कुमार, सौरभ और प्रयोगशाला सहायक अजय कुमार यादव शामिल रहे।
आगरा में स्वच्छता नियमों का पालन कराने और प्रतिबंधित प्लास्टिक के इस्तेमाल पर रोक लगाने के लिए नगर निगम ने ईदगाह-नामनेर क्षेत्र में विशेष अभियान चलाया। इस दौरान रेस्टोरेंट, ढाबों और दुकानों का निरीक्षण किया गया। कई जगह गंदगी मिलने और प्रतिबंधित प्लास्टिक व थर्माकोल के गिलास इस्तेमाल किए जाने पर दुकानदारों के खिलाफ कार्रवाई की गई। टीम ने प्रतिबंधित गिलास जब्त करने के साथ ही हजारों रुपए का जुर्माना भी वसूला। अभियान के दौरान नगर निगम की टीम ने व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में साफ-सफाई की स्थिति देखी। दुकानदारों को कचरा निर्धारित स्थान पर डालने और प्रतिबंधित प्लास्टिक व थर्माकोल से बने उत्पादों का इस्तेमाल नहीं करने के निर्देश दिए गए। टीम ने मौके पर गंदगी फैलाने वालों को भी कार्रवाई की चेतावनी दी। प्लास्टिक के गिलासों में पिलाई जा रही थी शराबअभियान के दौरान रवि फास्ट फूड की दुकान पर प्लास्टिक के प्रतिबंधित गिलासों में लोगों को शराब परोसी जा रही थी। नगर निगम की टीम ने मौके पर पहुंचकर प्रतिबंधित गिलास जब्त कर लिए। दुकानदार को भविष्य में इस तरह की सामग्री का इस्तेमाल नहीं करने की चेतावनी दी गई।नगर निगम प्रशासन ने स्पष्ट किया कि सार्वजनिक स्थलों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर गंदगी फैलाने तथा प्रतिबंधित प्लास्टिक का इस्तेमाल करने वालों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा। कार्रवाई का नेतृत्व एसएफआई नीरेंद्र ने प्रवर्तन दल की टीम के साथ किया। अभियान में हुई कार्रवाई
लखनऊ में साहित्यिक संस्था ‘नवसृजन’ के तत्वावधान में उत्तर प्रदेश हिंदी संस्थान के निराला सभागार में साहित्यकार त्रिवेणी प्रसाद दूबे और रमा दूबे की चार पुस्तकों का लोकार्पण समारोह आयोजित किया गया। इस दौरान त्रिवेणी प्रसाद दूबे के गीत संग्रह 'मन मेरा यायावर जैसा', यात्रा वृत्तांत 'सरल सत्य की अद्भुत सुषमा', गजल संग्रह 'दिल सूफियाना हो गया' और रमा दूबे के संस्मरणात्मक उपन्यास 'रैना बीते ना' का लोकार्पण किया गया। समारोह में मुख्य अतिथि डॉ. सुल्तान शाकिर हाशमी, प्रो. हरि शंकर मिश्र, गोपाल कृष्ण शर्मा 'मृदुल' और पूर्व डीजीपी महेश चन्द्र द्विवेदी सहित अन्य अतिथि मौजूद रहे। वक्ताओं ने पुस्तकों की विषयवस्तु और साहित्यिक पक्ष पर अपने विचार रखे। इस दौरान त्रिवेणी प्रसाद दूबे ने अपनी रचनाओं का पाठ भी किया। कार्यक्रम में संस्था की ओर से कई साहित्यकारों को ‘वाग्देवी साहित्य सम्मान’ से सम्मानित किया गया। समारोह का संचालन डॉ. योगेश ने किया।
कानपुर के सचेंडी थाना क्षेत्र में बुधवार देर रात चकरपुर मंडी के सामने तेज रफ्तार ट्रक ने 41 वर्षीय मजदूर को टक्कर मारकर कुचल दिया। हादसे में नौबस्ता के संजय नगर निवासी अतुल कुमार की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद चालक ट्रक लेकर फरार हो गया। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजकर चालक की तलाश शुरू कर दी है। सामान लेने के लिए पार कर रहा था हाईवे अतुल चकरपुर मंडी में पल्लेदारी का काम करते थे। उनके बड़े भाई मुकेश के मुताबिक, बुधवार को दिनभर काम करने के बाद देर शाम अतुल कुछ सामान लेने के लिए मंडी के सामने हाईवे पार कर दूसरी ओर जा रहे थे। इसी दौरान तेज रफ्तार ट्रक ने उन्हें टक्कर मार दी। टक्कर लगने से वह सड़क पर गिर पड़े और ट्रक उन्हें कुचलता हुआ निकल गया। साथी मजदूरों ने परिजनों को दी सूचना हादसे के बाद सड़क पर शव देखकर आसपास के लोगों ने डायल 112 पर सूचना दी। सचेंडी पुलिस मौके पर पहुंची। मंडी में काम करने वाले अतुल के साथी मजदूरों ने उनकी पहचान कर परिवार को जानकारी दी। मौत की खबर सुनकर परिजन घटनास्थल पर पहुंचे। अतुल की शादी करीब छह साल पहले हुई थी। परिवार में मां, पत्नी तन्नू गौतम और बड़ा भाई मुकेश हैं। तहरीर मिलने पर होगी आगे की कार्रवाई सचेंडी थाना प्रभारी दीनानाथ मिश्रा ने बताया कि ट्रक चालक वाहन समेत फरार हो गया है। पुलिस उसकी तलाश कर रही है। परिजनों की ओर से अभी तहरीर नहीं मिली है। शिकायत मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सहारनपुर में योग विधान सेवा समिति ने आशाराम बापू के स्वास्थ्य और जेल में मिल रही चिकित्सा सुविधाओं को लेकर डीएम को ज्ञापन सौंपा। गुरुवार दोपहर 2 बजे समिति के सदस्य कलेक्ट्रेट पहुंचे। ज्ञापन में 87 वर्षीय आशाराम बापू को जोधपुर के आरोग्यम हॉस्पिटल में भर्ती कराकर इलाज कराने और जेल में जरूरी चिकित्सा व बुनियादी सुविधाएं देने की मांग की गई। समिति ने पूरे मामले की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच कराने की मांग भी की। समिति के मंत्री मोतीलाल मधोक ने आरोप लगाया कि आशाराम बापू के मानवाधिकारों और अदालत के आदेशों का पालन नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि जेल अधीक्षक ने अपने पद का दुरुपयोग कर आशाराम बापू के इलाज में बाधा डाली। समिति ने राष्ट्रपति और मानवाधिकार आयोग तक शिकायत पहुंचाने की मांग की। उसने सुप्रीम कोर्ट और राजस्थान हाईकोर्ट के आदेशों की अवहेलना के आरोप में जेल अधीक्षक पर कार्रवाई की मांग भी की। ज्ञापन के मुताबिक, आशाराम बापू करीब 15 साल से जोधपुर केंद्रीय कारागार में बंद हैं और कई गंभीर बीमारियों से पीड़ित हैं। 13 अक्टूबर को पैरोल के दौरान उन्हें गंभीर हार्ट अटैक आया था। इसके बाद उन्हें आईसीयू में भर्ती कराया गया। मेडिकल रिपोर्ट के अनुसार, उनके दिल की धड़कन अनियमित थी और हार्ट अटैक के बाद सीने में दर्द की शिकायत भी थी। समिति ने कहा कि उन्हें विशेषज्ञ डॉक्टरों की लगातार निगरानी और अस्पताल में भर्ती रखकर इलाज की जरूरत है। ज्ञापन में राजस्थान हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट के पुराने आदेशों का हवाला देकर आरोग्यम हॉस्पिटल में इलाज जारी रखने की मांग की गई। समिति ने जेल में गर्म पानी, साफ-सफाई, साफ शौचालय, आरामदायक बिस्तर, कुर्सी और उचित भोजन देने की मांग की। अस्पताल में भर्ती होने तक हृदय रोग विशेषज्ञ, जरूरी दवाइयां और प्रशिक्षित चिकित्सा कर्मी 24 घंटे उपलब्ध कराने की मांग भी की गई। ज्ञापन में मामले में तुरंत दखल देकर जरूरी कार्रवाई करने का अनुरोध किया गया।
ताजमहल और आगरा के अन्य पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों को घेरकर परेशान करने वाले लपकों के खिलाफ पर्यटन पुलिस ने कार्रवाई की है। गुरुवार को थाना पर्यटन पुलिस की टीम ने पर्यटकों को अनावश्यक रूप से परेशान करने के आरोप में एक लपके को गिरफ्तार किया। आरोपी पर्यटकों को घुमाने, होटल बुक कराने और गाइड उपलब्ध कराने के नाम पर उन्हें घेरता था। पुलिस आयुक्त और पुलिस उपायुक्त नगर की ओर से पर्यटन स्थलों के आसपास पर्यटकों को परेशान करने वाले लपकों, हॉकरों और अवैध गाइडों की प्रभावी रोकथाम के लिए अधीनस्थों को दिशा-निर्देश दिए गए हैं। इसके तहत पर्यटन पुलिस लगातार ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई कर रही है। पांच नवंबर को थाना पर्यटन पुलिस की टीम पर्यटन स्थल के आसपास गश्त और चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान पर्यटकों को घेरकर उन्हें अनावश्यक रूप से परेशान करने वाले लपके की सूचना मिली। सहायक पुलिस आयुक्त, ताज सुरक्षा के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी पर्यटन ने पुलिस टीम के साथ कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान सोनू राठौर पुत्र लाल प्रसाद निवासी तुलसी चबूतरा, थाना ताजगंज, आगरा के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आवश्यक वैधानिक कार्रवाई करते हुए उसे माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया। कार्रवाई करने वाली पुलिस टीम में थाना प्रभारी पर्यटन अभिषेक गुप्ता, उपनिरीक्षक मनीष कुमार और हेड कांस्टेबल ज्ञानेंद्र बाबू शामिल रहे।
हरियाणा में जारी त्योहारी सीजन के मद्देनजर स्वास्थ्य और फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन विभाग निरंतर मिलावटखोरों पर नकेल कसने का दावा कर रहे हैें। इसी बीच सामने आया है कि सैंपल भरने, इनकी चैकिंग और फिर मिलावटखोरों के खिलाफ जरुरी कार्रवाई सुनिश्चित करने में अग्रणी भूमिका निभाने वाले फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन विभाग में फूड सेफ्टी ऑफिसर्स (एफएसओ) की सेंकशंड पोस्ट ही लंबे समय से खाली हैं जिसको लेकर सवाल तो खड़े हो ही रहे हैं, साथ में विभाग की कार्यशैली भी प्रभावित होती है। कई विभागों के डेप्युटेटिड अधिकारियों से चलाया जा रहा काम एफएसओ की पोस्ट पर एनिमल हस्बेंडरी विभाग से वेटरनरी सर्जन, कृषि विभाग से एडीओ और शिक्षा विभाग से टीचर्स डेप्युटेशन पर आए अधिकारियों से काम चलाया जा रहा है। उपरोक्त विभागों के अधिकारी एफएसओ द्वारा किए जाने वाले जॉब संबंधी क्राइटिरिया को पूरा करते हैं तो ऐसे में वो डेप्युटेशन पर यहां हैं। एफएसओ को फूड टेक्नोलॉजी, डेयरी टेक्नोलॉजी, बायोटेक्नोलॉजी, कृषि विज्ञान वेटरनरी साइंस, माइक्रोबायोलॉजी, केमिस्ट्री या संबंधित विषय में डिग्री/पोस्ट-ग्रेजुएशन होना जरुरी है। इसी कारण उपरोक्त विभागों से जो अधिकारी डेप्युटेशन पर एफएडए में सेवाएं दे रहे हैें, वो जरुरी योग्यता पैमाना पूरा करते हैं। ज्वाइंट कमिश्नर ने माना दिक्कत पेश आती है फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन विभाग के ज्वाइंट कमिश्नर पृथ्वी सिंह ने कहा कि विभाग में स्वीकृत में 57 एफएसओ के पद हैं जिनमें से 27 पर दूसरे विभागों के डेप्युटेड एफएसओ हैं। इसके अलावा एफओ के स्वीकृत 22 पदों में से केवल 5 तैनात हैं, वो भी यहां डेप्युटेशन पर हैं। विभाग में डेप्युटेशन पर अधिकारियों को तैयार करने में समय, ट्रैनिंग और पैसा लगता है। आगे उन्होंने कहा कि कई तरह की दिक्कत पेश आती है। जब डेप्युटेशन पर आए एफएसओ पूरी तरह तैयार हो जाते हैं तो फिर नियमानुसार पांच साल बाद उनको वापिस उनके विभाग में जाना पड़ता है। इसके चलते विभागीय काम भी प्रभावित होता है। भर्ती प्रक्रिया जारी है और जल्दी ही सेंकशंड पोस्ट भर दी जाएंगी। कई बार भर्ती नियम बदले जाने के चलते भर्ती प्रक्रिया प्रभावित हुई। एफएसओ के 57 और डीओ के सभी 22 स्वीकृत पद खाली, दूसरे विभागों के भरोसे विभाग विभाग की आधाकारिक जानकारी अनुसार यहां एफएसओ की कुल स्वीकृत पोस्ट की संख्या 57 है जो खाली हैं। इनमें से फिलहाल 27 पदों पर दूसरे विभागों से डेप्युटेशन पर आए या लाए गए एफएसओ से काम चलाया जा रहा है। इसके अलावा डेसिगनेटिड ऑफिसर्स (डीओ) की बात करें तो स्वीकृत 22 सभी पदों में से 5 अधिकारी तैनात हैं और वो भी डेप्टयुटेशन पर आए दूसरे विभागों के अधिकारी हैं। लंबे समय से जारी है भर्ती प्रक्रिया, जल्द पूरी होने की उम्मीद एफएसओ की भर्ती हरियाणा पब्लिक सर्विस कमीशन (एचपीएससी) की ओर से कंडक्ट की जाती है। एचपीएससी द्वारा फूड सेफ्टी ऑफिसर के पदों पर भर्ती के लिए नोटिफिकेशन जारी किए जान के बाद प्रक्रिया जारी है। इसको लेकर विभाग द्वारा उम्मीद जताई जा रही है कि जल्द पूरी होगी लेकिन बता दें कि फिलहाल तक सालों बीत जाने के बाद पद खाली हैं और डेप्युटेशन से काम चलाया जा रहा है।
सहारनपुर के सरसावा क्षेत्र के समसपुर कलां स्थित जामिया उलूमुल कुरआन एकेडमी में गुरुवार शाम चार बजे भाषण और लेखन प्रतियोगिता हुई। इसमें छात्र-छात्राओं ने हिस्सा लिया। बेहतर प्रदर्शन करने वाली छह छात्राओं को पुरस्कार दिए गए। भाषण प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने अपनी बात रखी, जबकि लेखन प्रतियोगिता में विचार और रचनात्मकता दिखाई। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को पढ़ाई के साथ अपनी प्रतिभा पहचानने और निखारने का मौका देना था। पुरस्कार पाने वाली छात्राओं के नाम आरजू जावेद, इकरा दिलशाद, इकरा जिलेदार, सुहाना मंजूर, शिफा बहादुर और हुस्ना इरशाद हैं। मदरसे के जिम्मेदारों ने कहा कि ऐसे कार्यक्रम बच्चों में आत्मविश्वास बढ़ाने और उन्हें आगे बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करने में मदद करते हैं। कार्यक्रम की तैयारी और व्यवस्था मौलाना हस्सान नदवी, मौलाना शोएब, कारी राशिद और कारी उमर दराज ने संभाली। प्रतियोगिताओं में मौलाना मोहतसिम और मौलाना कासिम ने प्रतिभागियों का मूल्यांकन किया। पूरा कार्यक्रम मदरसे के नाजिम मुफ्ती अब्दुल हन्नान नदवी की देखरेख में हुआ। कारी मुजाहिद ने भी सहयोग किया। अंत में मदरसे के जिम्मेदारों ने प्रतियोगिता में हिस्सा लेने वाले बच्चों और आयोजन में सहयोग करने वाले शिक्षकों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि आगे भी बच्चों की प्रतिभा को प्रोत्साहित करने के लिए ऐसे कार्यक्रम होंगे।
मेरठ में पाकिस्तानी नंबर से युवक को कॉल:देशविरोधी गतिविधियों में शामिल होने का दबाव बनाने का आरोप
मेरठ के लोहियानगर थाना क्षेत्र के एक युवक ने आरोप लगाया है कि पाकिस्तानी नंबर से कॉल कर उसे देशविरोधी गतिविधियों में शामिल होने के लिए उकसाया जा रहा है। कॉल करने वाला खुद को रिश्तेदार बताता है और पैसे का लालच देता है। विरोध करने पर धमकी देने का भी आरोप है। इकबाल नगर निवासी मोहम्मद आरिफ पुत्र मोहम्मद इलियास ने बृहस्पतिवार को एसएसपी को शिकायत दी। आरिफ के मुताबिक, पिछले कई दिनों से उसके मोबाइल पर पाकिस्तान के नंबर से लगातार कॉल आ रही हैं। कॉल करने वाला एक राजनीतिक पार्टी और देश के बारे में भड़काऊ बातें करता है। आरिफ ने शिकायत में कहा कि कॉल करने वाला उसे अपने प्रभाव में लेने की कोशिश कर रहा है। उसने देश के खिलाफ किसी भी गतिविधि में शामिल होने से इनकार किया, लेकिन कॉल और धमकियां जारी हैं। आरिफ के मुताबिक, 4 नवंबर को सुबह करीब 10:17 बजे उसी नंबर से व्हाट्सएप वीडियो कॉल आई। यह कॉल करीब 13 सेकंड तक चली। लगातार कॉल आने से वह और उसका परिवार असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। आरिफ ने एसएसपी से साइबर सेल और लोहियानगर पुलिस से जांच कराने, विदेशी नंबर की पहचान करने और कॉल करने वाले के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। उसने एसएसपी को कॉल डिटेल और स्क्रीनशॉट भी दिए हैं।
कानपुर में सनातन सेवा सत्संग समिति की ओर से आयोजित ‘सनातन की विभूतियां प्रश्नोत्तरी परीक्षा 2026-27’ के तहत गुरुवार को के.डी.के.एल. शास्त्री इंटर कॉलेज, नौबस्ता में पुरस्कार एवं प्रमाण-पत्र वितरण समारोह आयोजित किया गया। प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों को भारतीय संस्कृति, सनातन धर्म और महापुरुषों के जीवन आदर्शों से परिचित कराना रहा। प्रतियोगिता में कक्षा 8 के दिव्यांशु सिंह ने प्रथम, व्योम गुप्ता ने द्वितीय और आर्यन सिंह ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। कक्षा 9 में आराध्या प्रथम, आस्था श्रीवास्तव द्वितीय और सीता कश्यप तृतीय स्थान पर रहीं। सभी विजेताओं को पुरस्कार एवं प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि ठाकुर हिमांशु सिंह रहे। विशिष्ट अतिथियों में सेवानिवृत्त सहायक आयुक्त उद्योग, कानपुर घनश्याम दीक्षित और रेलवे के सेवानिवृत्त वरिष्ठ अधिकारी राधेश्याम शुक्ला शामिल हुए। इस अवसर पर समिति के संस्थापक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष आचार्य सुधीर भाई मिश्र तथा प्रभारी सेवानिवृत्त कैप्टन अनिल चतुर्वेदी भी मौजूद रहे। वक्ताओं ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि सनातन संस्कृति केवल धार्मिक परंपरा नहीं, बल्कि संपूर्ण जीवन पद्धति है।
दीपावली से पहले रतिया पुलिस ने शहर के दो पटाखा गोदामों की जांच की। वहां कोई खामी नहीं मिली और दोनों संचालकों के पास लाइसेंस थे। सिटी प्रभारी प्रवीण कुमार ने बताया कि त्योहार के मद्देनजर पटाखा गोदामों और दुकानों की लगातार जांच की जा रही है। गोदाम मालिकों को सुरक्षा के सभी जरूरी इंतजाम रखने को कहा गया है। उन्होंने कहा कि गोदामों में पर्याप्त पानी और आग बुझाने के उपकरण होने चाहिए, ताकि आपात स्थिति में तुरंत बचाव किया जा सके। शहर में पटाखों की दुकानों की भी जांच हो रही है। किसी दुकान पर अवैध पटाखे या नियमों के खिलाफ सामग्री मिलने पर दुकानदार के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। प्रवीण कुमार ने कहा कि दीपावली के दौरान लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पुलिस ने शहर में सुरक्षा व्यवस्था की है और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करने वालों पर कार्रवाई होगी।
आलू की बोरी के नीचे दबकर किसान की मौत:संभल में ट्रैक्टर-ट्रिपलर से खेत पर बुवाई के दौरान हादसा हुआ
संभल के बहरामपुर बुजुर्ग गांव में गुरुवार को आलू की बोरी के नीचे दबने से किसान ओमप्रकाश सिंह (45) की मौत हो गई। उन्हें संभल शहर के निजी अस्पताल ले जाया गया था, जहां शाम 5 बजे मृत घोषित कर दिया गया। ट्रैक्टर-ट्रिपलर में आलू की बोरियां लेकर खेत गए थे ओमप्रकाश सिंह, कूड़े सिंह के बेटे थे। उनकी पत्नी रीना देवी ने बताया कि गुरुवार दोपहर 12 बजे वे ट्रैक्टर-ट्रिपलर में आलू की बोरियां लेकर खेत पर बुवाई करने गए थे। करीब 1-2 घंटे बाद परिवार को सूचना मिली कि वे बोरी के नीचे दब गए हैं और गंभीर रूप से घायल हैं। परिजन और ग्रामीण खेत पहुंचे। उन्होंने ओमप्रकाश को बोरी के नीचे से निकाला और संभल शहर के निजी अस्पताल ले गए। उन्हें 3-4 अस्पतालों में दिखाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। इसके बाद परिवार के लोग शव को गांव ले आए। पोस्टमॉर्टम कराने से परिजनों ने किया मना यह घटना तहसील संभल के नखासा थाना क्षेत्र की है। शाम 5:15 बजे मौत की सूचना मिलने पर हिसामपुर पुलिस चौकी प्रभारी अरुण कुमार पुलिस बल के साथ गांव पहुंचे और जांच की। परिजनों ने कार्रवाई से मना कर दिया। थाना प्रभारी संजय शर्मा ने शाम 6 बजे बताया कि खेत पर संदिग्ध हालात में एक ग्रामीण की मौत की सूचना मिली थी। हिसामपुर चौकी पुलिस को गांव भेजा गया है। पुलिस परिजनों से पोस्टमार्टम कराने को लेकर बात कर रही है, लेकिन परिवार फिलहाल मना कर रहा है। ओमप्रकाश के परिवार में चार बेटियां और दो बेटे हैं। इनमें से दो बेटियों की शादी हो चुकी है।
बाराबंकी में नशामुक्ति जागरूकता बैठक:नुक्कड़ नाटक से किया जागरूक, लोगों को दिलाई नशामुक्ति की शपथ
बाराबंकी में विकासखंड देवा के प्राथमिक विद्यालय पवैया वीरान में पारख महासंघ और मदर फाउंडेशन की ओर से नशामुक्ति जागरूकता बैठक का आयोजन किया गया। इसमें लोगों को नशे के दुष्परिणामों की जानकारी देकर इससे दूर रहने के लिए जागरूक किया गया। इस दौरान नशे के खिलाफ नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया गया और उपस्थित लोगों को नशा न करने का संकल्प दिलाया गया। बैठक में वीरांगना ऊदा देवी पासी के शहादत दिवस की पूर्व संध्या पर 15 नवंबर को लखनऊ के हजरतगंज में आयोजित होने वाली आत्मसम्मान दीप पदयात्रा की जानकारी भी दी गई। लोगों से गांधी प्रतिमा से ऊदा देवी पासी की प्रतिमा तक प्रस्तावित पदयात्रा में अधिक संख्या में शामिल होने की अपील की गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि पूर्व प्रधान राजेंद्र प्रसाद यादव रहे। विशिष्ट अतिथियों में डॉ. अवधेश कुमार वर्मा, प्रीती मिश्रा, रामपाल रावत, अमरीश रावत, शिवराज रावत, हंसराज रावत, रंजीत कुमार, अंकुल कुमार, सूरज यादव, अमित सिंह, अजय कुमार, दीपक रावत, उमेश चंद्र और मनीष राज सहित अन्य ग्रामीण उपस्थित रहे।
बदायूं विधानसभा क्षेत्र के ग्राम अनुगुइया सल्लन नगर में गुरुवार दोपहर करीब 11 करोड़ रुपए की लागत से बने 33/11 केवी बिजलीघर का लोकार्पण किया गया। केंद्रीय राज्यमंत्री बीएल वर्मा और सदर विधायक महेश चंद्र गुप्ता ने फीता काटकर बिजलीघर का उद्घाटन किया। इसके शुरू होने से आसपास के ग्रामीण इलाकों में बिजली आपूर्ति बेहतर होने और उपभोक्ताओं को राहत मिलने की उम्मीद है। इस बिजलीघर की क्षमता 25 एमवीए है। इसके निर्माण के साथ 33 केवी और 11 केवी की बिजली लाइनें भी बिछाई गई हैं। परियोजना का निर्माण मध्यांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड की बिजनेस प्लान 2024-25 योजना के तहत कराया गया है। बिजलीघर शुरू होने से मौजूदा बिजली व्यवस्था पर लोड कम होगा। इससे ग्रामीण उपभोक्ताओं के साथ किसानों और व्यापारियों को भी लाभ मिलेगा। केंद्रीय राज्यमंत्री बोले- बिजली किसी भी क्षेत्र के विकास की बुनियादी जरूरत है लोकार्पण समारोह में केंद्रीय राज्यमंत्री बीएल वर्मा ने कहा कि बिजली किसी भी क्षेत्र के विकास की बुनियादी जरूरत है। बेहतर बिजली आपूर्ति से किसानों को खेती, युवाओं को पढ़ाई और व्यापारियों को कारोबार करने में सहूलियत मिलती है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार गांवों तक बुनियादी सुविधाएं पहुंचाने के लिए काम कर रही है। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे सदर विधायक महेश चंद्र गुप्ता ने कहा कि बदायूं विधानसभा क्षेत्र का विकास उनकी प्राथमिकता है। बिजली, सड़क, जल निकासी और शिक्षा जैसी बुनियादी सुविधाओं के विस्तार के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने बिजलीघर निर्माण के लिए केंद्रीय राज्यमंत्री और प्रदेश सरकार का आभार जताया। कार्यक्रम में ये लोग मौजूद रहे इस मौके पर जिला महामंत्री एमपी सिंह राजपूत, सोबरन सिंह राजपूत, विश्वजीत गुप्ता, वीरेंद्र राजपूत, अनेकपाल सिंह, अरविंद रावत और नौरंग पाल राजपूत समेत अन्य लोग मौजूद रहे।
यूपी के प्रांतीय चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवा (PMHS) संवर्ग के डॉक्टर अब सुपर स्पेशियलिटी समेत उच्चतर चिकित्सा पाठ्यक्रमों की पढ़ाई कर सकेंगे। इसके लिए चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग ने नियम और शर्तें तय कर दी हैं। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक के निर्देश पर प्रमुख सचिव वी. हेकाली झिमोमी ने गुरुवार को शासनादेश जारी कर दिया। इसके तहत पढ़ाई पूरी करने के बाद डॉक्टरों को 10 साल तक सरकारी अस्पतालों में सेवा देनी होगी। शर्त पूरी नहीं करने पर एक करोड़ रुपये का बांड भरना होगा। डिप्टी सीएम ने बताया कि इस फैसले से सरकारी अस्पतालों में विशेषज्ञ डॉक्टरों की उपलब्धता बढ़ेगी। पीजी डिग्री और डिप्लोमा कर चुके डॉक्टर NEET या समकक्ष प्रवेश परीक्षा के जरिए उच्चतर चिकित्सा पाठ्यक्रमों में दाखिला ले सकेंगे। इसके लिए विभाग की अनुमति जरूरी होगी। डॉक्टर के खिलाफ विभागीय कार्रवाई, सतर्कता जांच या आपराधिक मामला लंबित नहीं होना चाहिए। प्रोबेशन पूरा होने के साथ स्थायीकरण आदेश जारी होना भी जरूरी है। सेवा रिकॉर्ड संतोषजनक होना चाहिए। विशेष परिस्थितियों में स्थायीकरण आदेश के बिना भी छूट दी जा सकेगी। दाखिले के लिए अधिकतम उम्र 45 साल उच्चतर चिकित्सा पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए अधिकतम आयु सीमा 45 वर्ष तय की गई है। इसकी गणना आवेदन वर्ष से पहले के वर्ष की 31 दिसंबर के आधार पर होगी। पहले पीजी डिप्लोमा कर चुके डॉक्टर उसी विशेषज्ञता में डिग्री या दूसरी विशेषज्ञता में NMC से मान्यता प्राप्त डिप्लोमा कर सकेंगे। वहीं, पीजी डिग्री वाले डॉक्टर दूसरे विषय में पीजी डिग्री की पढ़ाई कर सकेंगे। डिग्रियां जमा होंगी, पढ़ाई बीच में छोड़ी तो पांच साल रोक पढ़ाई के लिए जाने वाले डॉक्टरों की MBBS और पीजी डिग्री महानिदेशक चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं कार्यालय में जमा रहेंगी। पाठ्यक्रम बीच में छोड़ने पर अगले पांच साल तक किसी अन्य उच्चतर चिकित्सा पाठ्यक्रम में दाखिले की अनुमति नहीं मिलेगी। तीन से अधिक बार परीक्षा में असफल होने पर दोबारा परीक्षा देने के लिए शासन की मंजूरी लेनी होगी। पढ़ाई पूरी होते ही डॉक्टरों को अपनी पुरानी तैनाती पर वापस कार्यभार संभालना होगा। दो साल अध्ययन अवकाश, एक साल बिना वेतन छुट्टी पहली बार अनुमति लेकर उच्चतर चिकित्सा पाठ्यक्रम करने वाले डॉक्टरों को दो साल का अध्ययन अवकाश और एक साल का बिना वेतन असाधारण अवकाश मिलेगा। पहले अनुमति लेकर पीजी कर चुके डॉक्टरों को दोबारा पढ़ाई के दौरान बिना वेतन असाधारण अवकाश दिया जाएगा। अवकाश स्वीकृत होने के बाद ही उनकी सेवा नियमित और निरंतर मानी जाएगी। पहले पीजी कर चुके डॉक्टरों को 15 साल सेवा करनी होगी पहले पीजी की पढ़ाई कर चुके डॉक्टरों को दोबारा उच्चतर चिकित्सा पाठ्यक्रम की अनुमति तभी मिलेगी, जब वे पिछली पढ़ाई के बाद तय 10 साल की अनिवार्य सेवा में कम से कम पांच साल पूरे कर चुके हों। दूसरी पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्हें पहले की बची सेवा और नई सेवा मिलाकर कुल 15 साल सरकारी अस्पतालों में काम करना होगा। पहले की सेवा शर्त तोड़ने पर एक करोड़ रुपये और नई पढ़ाई की शर्त तोड़ने पर अतिरिक्त एक करोड़ रुपये का बांड भरना होगा। इस तरह बांड की कुल राशि दो करोड़ रुपये तक हो सकती है। शासनादेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।
गाजियाबाद में 8वीं वाहिनी एनडीआरएफ परिसर में आयोजित द्वितीय राष्ट्रीय एसडीआरएफ सीबीआरएन प्रतियोगिता-2026 का गुरुवार को समापन हुआ। तीन दिन चली प्रतियोगिता में तमिलनाडु की टीम पहले, उत्तराखंड दूसरे और बिहार तीसरे स्थान पर रही। समापन समारोह में एनडीआरएफ के महानिदेशक पीयूष आनंद मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। प्रतियोगिता 2 से 4 नवंबर तक हुई। इसका उद्देश्य रासायनिक, जैविक, रेडियोलॉजिकल और परमाणु (सीबीआरएन) आपात स्थितियों से निपटने के लिए एसडीआरएफ जवानों की तैयारी और काम करने की क्षमता परखना था। प्रतियोगिता में जवानों की तकनीकी जानकारी, तुरंत कार्रवाई और बचाव दलों के बीच तालमेल को बेहतर बनाने पर भी ध्यान दिया गया। राष्ट्रीय प्रतियोगिता के क्षेत्रीय चरण में 19 राज्यों की एसडीआरएफ टीमों ने हिस्सा लिया था। इनमें से राजस्थान, बिहार, हरियाणा, उत्तराखंड, पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश और गुजरात की टीमों को अंतिम चरण के लिए चुना गया। तीन दिन तक टीमों ने अलग-अलग परिस्थितियों में बचाव कार्यों का अभ्यास किया। उनके प्रदर्शन के आधार पर शीर्ष तीन टीमों को विजेता घोषित किया गया। पहले स्थान पर रही तमिलनाडु एसडीआरएफ टीम को एक लाख रुपये और ट्रॉफी दी गई। उत्तराखंड एसडीआरएफ को 75 हजार रुपये और ट्रॉफी, जबकि बिहार एसडीआरएफ को 50 हजार रुपये और ट्रॉफी मिली। पीयूष आनंद ने समापन समारोह में कहा कि एनडीआरएफ और एसडीआरएफ का उद्देश्य लोगों की जान बचाना और आपदा के समय उनकी सुरक्षा करना है। उन्होंने कहा कि सभी आपदा मोचन बल एक टीम की तरह काम करते हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे संयुक्त अभ्यास से जवानों को एक-दूसरे के अनुभवों से सीखने और अपनी कमियां दूर करने का मौका मिलता है। उन्होंने कहा कि सीबीआरएन आपदाओं में खतरे का शुरुआती संकेत आसानी से दिखाई नहीं देता। ऐसे में जवानों को नियमित अभ्यास और प्रशिक्षण की जरूरत है, ताकि आपात स्थिति में वे बिना देरी किए सुरक्षित तरीके से बचाव कार्य कर सकें। कार्यक्रम में एनडीआरएफ के महानिरीक्षक नरेंद्र सिंह बुंदेला सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी, जवान और मीडिया प्रतिनिधि मौजूद रहे।
कानपुर के कल्याणपुर विधानसभा क्षेत्र में रतनपुर स्थित रामलीला पार्क का कानपुर विकास प्राधिकरण (केडीए) द्वारा सौंदर्यीकरण एवं विकास कार्य किया जाएगा। यह कार्य क्षेत्रीय विधायक नीलिमा कटियार के प्रयासों से प्रस्तावित है। इस परियोजना के अंतर्गत पार्क में बाउंड्रीवाल, फाउंटेन, गेटवे, उद्यानीकरण, ओपन जिम, एम्फीथिएटर, किड्स प्ले एरिया और योग स्थल जैसी सुविधाएं विकसित की जाएंगी। इससे क्षेत्र के लोगों को बेहतर मनोरंजन, व्यायाम और सामाजिक गतिविधियों के लिए एक सुंदर स्थान मिलेगा। इस विकास कार्य की कुल लागत 17.68 करोड़ रुपये निर्धारित की गई है। इससे रतनपुर क्षेत्र को नई पहचान मिलेगी और स्थानीय नागरिकों, बच्चों और बुजुर्गों को विशेष लाभ होगा। इस अवसर पर पूर्व पार्षद गुड्डू अवस्थी, मंडल महामंत्री राम कुमार पाल, सोम पाण्डेय और गुड्डा श्रीवास्तव सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रीय लोग उपस्थित रहे।
मुरादाबाद के जिला कारागार में बंद महिलाएं दिवाली के लिए सजावटी सामान बना रही हैं। वे गोबर और मिट्टी मिलाकर गणेश प्रतिमाएं तैयार कर रही हैं। इसके साथ ही अलग-अलग डिजाइन के दीये और मोमबत्तियां भी बना रही हैं। इन सामानों को आकर्षक बनाने पर महिलाएं ध्यान दे रही हैं। बिक्री के लिए सभी उत्पादों की पैकिंग कराई जाएगी। जिला कारागार के बाहर एक स्टॉल लगाया जाएगा। स्टॉल पर गणेश प्रतिमाएं, डिजाइनर दीये, मोमबत्तियां और दूसरे सजावटी सामान मिलेंगे। आम लोग यहां से इन्हें खरीद सकेंगे। इस पहल से जेल में बंद महिलाओं को अपनी कला और हुनर दिखाने का मौका मिल रहा है। उनके बनाए उत्पादों को समाज तक पहुंचाने की कोशिश की जा रही है।
छत्तीसगढ़ से झारखंड तक गौवंशों की तस्करी के खिलाफ जशपुर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 70 बैलों को मुक्त कराया है। पुलिस ने इन्हें पैदल हांककर झारखंड ले जा रहे 23 लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में झारखंड के गुमला जिले के जारी थाना क्षेत्र के चार निवासी भी शामिल हैं। पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल की जा रही दो मोटरसाइकिल जब्त की हैं। सभी गौवंशों का स्वास्थ्य परीक्षण कराने के बाद उन्हें गौशाला भेज दिया गया है। मुखबिर की सूचना पर बेलडेगी में घेराबंदी पुलिस के अनुसार, पत्थलगांव पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ लोग बड़ी संख्या में बैलों को अवैध रूप से झारखंड ले जाने के लिए ग्राम बेलडेगी-डूमरबहार की ओर हांककर ले जा रहे हैं। सूचना वरिष्ठ अधिकारियों को देने के बाद थाना प्रभारी निरीक्षक जितेंद्र कुमार ताम्रकार के नेतृत्व में पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस टीम को ग्राम बेलडेगी स्थित शंकर ढाबा के पास कुछ लोग बड़ी संख्या में बैलों को पैदल ले जाते दिखाई दिए। पुलिस ने गवाहों की मौजूदगी में घेराबंदी कर 23 लोगों को हिरासत में लिया। मौके पर पंचनामा तैयार कर बैलों की संख्या और उन्हें ले जाने के संबंध में जानकारी दर्ज की गई। इस दौरान कुल 70 बैल बरामद हुए। वैध दस्तावेज नहीं दिखा सके आरोपी पुलिस ने हिरासत में लिए गए लोगों को बैलों के स्वामित्व और परिवहन से संबंधित वैध दस्तावेज व रसीद प्रस्तुत करने के लिए नोटिस दिया था। हालांकि, कोई भी आरोपी वैध कागजात नहीं दिखा सका। इसके बाद पत्थलगांव थाने में अपराध क्रमांक 266/2026 के तहत छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम, 2004 की धारा 4, 6 और 10 के तहत अपराध दर्ज किया गया। पुलिस के मुताबिक, पर्याप्त साक्ष्य मिलने और आरोपियों के अपराध स्वीकार करने के बाद सभी 23 लोगों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। गुमला जिले के चार आरोपी भी शामिल गिरफ्तार आरोपियों में झारखंड के गुमला जिले के जारी थाना क्षेत्र के गोविंदपुर निवासी राजू महतो (24) और विकास उर्फ विक्की मलार (19) शामिल हैं। इसी थाना क्षेत्र के छोटातिगरा निवासी ननकु कोरवा (40) और रामवृक्ष नगेशिया (25) को भी गिरफ्तार किया गया है। शेष आरोपी जशपुर जिले के अलग-अलग गांवों के निवासी हैं। आरोपियों के कब्जे से इस तरह मिले 70 बैल पुलिस के अनुसार, रोथो राम के कब्जे से 4 बैल, लक्ष्मण राम यादव से 2, गुलाम हुसैन से 2, दशरथ यादव से 3, बालकुंवर राम से 3, विकास टोप्पो से 3, विनीत टोप्पो से 3, किशोर मिंज से 4, राजू महतो से 4 और विकास उर्फ विक्की मलार से 4 बैल बरामद हुए। इसी तरह नंदकुमार, हेमंत कुमार, शिवकुमार, अमित खलखो और जोन मिंज के कब्जे से 4-4 बैल मिले। वहीं अंतियुस खलखो, रवी राम डोम, कलदियुस खलखो, आमोस मिंज, ननकु कोरवा, रामवृक्ष नगेशिया, धनसाय राम और सनेश्वर राम के कब्जे से 2-2 बैल बरामद किए गए। दो मोटरसाइकिल भी जब्त पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो मोटरसाइकिल जब्त की हैं। इनमें गुलाम हुसैन की हीरो स्प्लेंडर प्लस क्रमांक CG14ML5856 और धनसाय राम की हीरो स्प्लेंडर क्रमांक CG14MW4009 शामिल है। दोनों मोटरसाइकिल चाबी सहित जब्त की गई हैं। ऑपरेशन शंखनाद के तहत कार्रवाई एसडीओपी पत्थलगांव डॉ. ध्रुवेश जायसवाल ने बताया कि ऑपरेशन शंखनाद के तहत गौवंशों के अवैध परिवहन और तस्करी के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। इस तरह की गतिविधियों में शामिल लोगों पर पुलिस की निगरानी है। उन्होंने कहा कि गौवंशों की तस्करी और अवैध परिवहन में संलिप्त लोगों के खिलाफ आगे भी वैधानिक कार्रवाई जारी रहेगी।
बागेश्वर धाम पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के भगवान कृष्ण को लेकर दिए बयान पर गुरुवार को वृंदावन में एक बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में साधु संत,भागवत प्रवक्ता और धर्माचार्य मौजूद रहे। बैठक में वक्ताओं ने कहा कि मंच की मर्यादा बनाए रखें, सनातन धर्म की रक्षा करना सनातनियों की जिम्मेदारी है। बैठक में सभी ने एकजुट होकर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का समर्थन करने की बात कही। वृंदावन में हुई बैठक वृंदावन के राधाकांत मंदिर में गुरुवार की शाम एक बैठक आयोजित की गई। महंत फूलडोल बिहारी दास महाराज की अध्यक्षता में हुई बैठक में वक्ताओं ने अपने अपने विचार रखते हुए कहा कि धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने ऐसा कोई बयान नहीं दिया जिसको लेकर विवाद किया जाए। वक्ताओं ने कहा ब्रज में विनोद यानि हास्य ठिठोली के बीच इस तरह की बातें होती रहती हैं। हल्की फुल्की हुई तकरार बैठक के दौरान अध्यक्षीय भाषण में महंत फूलडोल बिहारी दास ने कहा कि पूर्व में भी लोगों ने बयान दिए,फिर माफी मांग ली। इस दौरान उन्होंने कहा कुछ लोग लिफाफा लेकर यह कर देते हैं। इसको लेकर ब्रज तीर्थ देवालय न्यास के अध्यक्ष रमाकांत गोस्वामी ने विरोध जताया। वहीं नंदगांव के गोस्वामी ने कहा कि वृंदावन में लिफाफा लिया जाता है नंदगांव में नहीं,इसको लेकर भी विरोध हुआ। लेकिन कुछ देर बाद गलत फहमी को दूर कर अंत में सभी ने धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के समर्थन में होने का निर्णय लिया। सभी साधु संत अखाड़ा परिषद धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के साथ बैठक के बारे में बताते हुए महंत हरि शंकर दास नागा ने बताया कि यह निर्णय लिया गया है कि अखाड़ा परिषद,साधु संत सभी धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के साथ हैं। उनका ऐसा भाव नहीं था उसको तोड़ मरोड़कर पेश किया जा रहा है। भगवान कृष्ण की छवि कई रूपों में देखी जाती है,टेढ़े भी देखी जाती है,सीधे भी देखी जाती है। उनकी भगवान कृष्ण के प्रति अटूट श्रद्धा है। उन्होंने कहा जो भी भागवत कहेगा वह बढ़ाई करेगा बुराई क्यों करेगा। ब्रज में होता रहा है विनोद आचार्य मृदुल कांत शास्त्री ने कहा कि ब्रज में विनोद होता रहता है। यहां तो तुलसीदास जी ने भी भगवान कृष्ण के भगवान राम के रूप में दर्शन किए हैं। उन्होंने कहा जब क्षमा मांग ली तो फिर कोई विषय नहीं रह जाता। आचार्य मृदुल कांत शास्त्री ने कहा कि इस समय राजनीतिक षड्यंत्र चल रहा है। इसमें कुछ लोग पुतले जला रहे हैं,ब्राह्मणों का विरोध क्यों शुरू हो गया। उन्होंने कहा नवंबर दिसंबर में धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की 6 कथाएं होने वाली हैं,इसलिए यह समस्या आ रही है। धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के प्रतिनिधि रोहित रिछारिया ने कहा कि महाराज जी ने भावात्मक शब्द कहे थे उसका किसी धर्माचार्य ने विरोध नहीं किया,न किसी संत ने विरोध किया। केवल विधर्मी और विपक्षी दल ही विरोध कर रहे हैं।
पंजाब विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और वरिष्ठ कांग्रेस नेता प्रताप सिंह बाजवा ने कादियां हलके का एक वीडियो जारी करते हुए पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार और मुख्यमंत्री भगवंत मान पर हमला बोला है। बाजवा द्वारा पोस्ट की गई वीडियो में कुछ लोग हथियार लहराते और गोलियां चलाते दिख रहे हैं। जिस पर प्रताप बाजवा ने आरोप लगाया कि राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति पूरी तरह से चरमरा गई है और पुलिस-प्रशासन लाचार होकर केवल मूकदर्शक बना बैठा है। पुलिस प्रशासन की नाकामी पर सवाल उठाते हुए प्रताप सिंह बाजवा ने कहा कि अगर पुख्ता वीडियो सबूत होने के बावजूद पुलिस प्रशासन इन अपराधियों को पहचानने और पकड़ने में असमर्थ है, तो वे खुद आगे आकर इनकी पहचान कराने में पूरा सहयोग देने के लिए तैयार हैं, ताकि इन दोषियों को जल्द से जल्द सलाखों के पीछे भेजा जा सके। वहीं, प्रताप बाजवा द्वारा सोशल मीडिया पर शेयर की गई वीडियो पर लोग मिलीजुली प्रतिक्रिया दे रहे हैं। कुछ लोगों का कहना है कि ये वीडियो में दिख रहे लोगों के घर का आंगन है। अगर कोई अपने आंगन में लाइसेंसी हथियारों को लहराता भी है तो उसमें गलत क्या है। जबकि, कुछ इसे पाकिस्तानी सीमा के जरिए भारत में आए हथियार बता रहा है तो किसी ने इसे फिल्म का सीन बताया है। सरेआम हथियार लहरा रहे लोग, कर रहे फायरिंग बाजवा द्वारा सोशल मीडिया पर साझा की गई इस वीडियो में नजर आ रहा है कि कुछ लोग हाथों में हथियार लहरा रहे हैं और सरेआम गोलियां चला रहे हैं। वीडियो में साफ दिख रहा है कि कई लोगों के हाथ में एक से अधिक अत्याधुनिक हथियार भी हैं। हालांकि, प्रताप बाजवा द्वारा जिस फेसबुक पेज से इस वीडियो की स्क्रीन रिकॉर्डिंग की है, उस आईडी से इस वीडियो को हटा दिया गया है। राजनीतिक संरक्षण और 'दाम, दंड, भेद' की नीति पर घेरा सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए प्रताप सिंह बाजवा ने सवाल उठाया कि इन समाज विरोधी तत्वों को किस राजनीतिक शक्ति का संरक्षण हासिल है, जिसके कारण पुलिस और प्रशासन कार्रवाई करने से पीछे हट रहा है? उन्होंने आगे लिखा कि पंजाब की आप सरकार पर मनीष सिसोदिया का 'साम, दाम, दंड, भेद' का सिद्धांत हावी हो चुका है, जहां राजनीतिक फायदे के लिए राज्य की शांति और सुरक्षा को दांव पर लगा दिया गया है। भगवंत मान बताएं – पंजाब में संविधान का राज है या गैंगस्टरों का? बाजवा ने गृह मंत्री का पद संभाल रहे मुख्यमंत्री भगवंत मान से सीधा जवाब मांगा। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को पंजाब की जनता के सामने यह स्पष्ट करना चाहिए कि राज्य में संविधान और कानून का शासन चल रहा है या फिर बेलगाम गैंगस्टरों और उपद्रवियों की हुकूमत? उन्होंने चेतावनी दी कि मुख्यमंत्री इस तरह चुप बैठकर अपनी जिम्मेदारी से नहीं भाग सकते, उन्हें राज्य की जनता को जवाब देना ही होगा।
मुजफ्फरनगर में भगत सिंह रोड पर दीपावली बाजार लगाने को लेकर प्रशासन और रेहड़ी-पटरी दुकानदारों के बीच तीन दिन से चल रहा विवाद गुरुवार शाम खत्म हो गया। गुरुवार शाम करीब 5:30 बजे राज्यमंत्री कपिलदेव अग्रवाल और पूर्व केंद्रीय राज्यमंत्री संजीव बालियान बाजार पहुंचे। उन्होंने दुकानदारों से बातचीत की और प्रशासन से बात कर मामला सुलझाया। इसके बाद भगत सिंह रोड पर ही पटरी बाजार लगाने पर सहमति बन गई। टाउन हॉल मैदान में दुकानें लगाने का दिया था निर्देश प्रशासन ने यातायात और सुरक्षा व्यवस्था का हवाला देते हुए भगत सिंह रोड पर सड़क के बीच बाजार लगाने की अनुमति देने से इनकार कर दिया था। दुकानदारों को शिव चौक से करीब 400 मीटर आगे टाउन हॉल मैदान में दुकानें लगाने के निर्देश दिए गए थे। इस फैसले के विरोध में रेहड़ी-पटरी दुकानदारों ने हंगामा किया। दुकानदार बोले- टाउन हॉल में प्रभावित होगा कारोबार दुकानदारों का कहना था कि ग्राहक भगत सिंह रोड पर ही खरीदारी के लिए आते हैं। टाउन हॉल में दुकानें लगाने से उनका कारोबार प्रभावित होगा। कई दुकानदारों ने ठिए खरीदने में 20-20 हजार रुपए तक खर्च करने की बात कही। उनका कहना था कि पहले दीपावली बाजार आठ दिन लगता था, जबकि इस बार दुकान लगाने के लिए केवल तीन दिन बचे हैं। 100 रुपए शुल्क लेकर शुरू किया था रजिस्ट्रेशन हंगामे की सूचना पर सिटी मजिस्ट्रेट दीपक पाल, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अन्नू चौधरी, शहर कोतवाल बृजेश शर्मा और पुलिस बल मौके पर पहुंचा। प्रशासन ने टाउन हॉल मैदान में दुकानों के आवंटन के लिए 100 रुपए शुल्क लेकर रजिस्ट्रेशन भी शुरू कर दिया था। मंत्रियों के हस्तक्षेप के बाद बनी सहमति शाम करीब 5:30 बजे कपिलदेव अग्रवाल और संजीव बालियान ने मौके पर पहुंचकर दुकानदारों की समस्याएं सुनीं। इसके बाद प्रशासन से बातचीत कर विवाद सुलझाया। सहमति बनने के बाद भगत सिंह रोड पर ही बाजार लगाने का रास्ता साफ हो गया। अब बाजार यथास्थिति में इसी रोड पर लगेगा। हालांकि, इस बार बाजार आठ दिन के बजाय केवल तीन दिन लगेगा
पलामू के तरहसी थाना क्षेत्र के बेदानीखुर्द निवासी तुलेश्वर महतो की हत्या उसकी पहली पत्नी उर्मिला देवी ने कराई थी। वो तुलेश्वर की दूसरी शादी से नाराज थी। पुलिस के मुताबिक, शूटर को हत्या के लिए डेढ़ लाख रुपए दिए गए। तुलेश्वर को 21 अक्टूबर की रात गोली मारी गई थी। पुलिस ने उर्मिला देवी, मृतक के साढ़ू के बेटे राहुल कुमार, मनिका के शंकर यादव और मनिका के शूटर नरेश सिंह को गिरफ्तार किया है। तुलेश्वर ने करीब तीन महीने पहले दूसरी शादी की थी। इसकी जानकारी मिलने के बाद उर्मिला ने हत्या की साजिश रची। बहन के बेटे संग रची साजिश पुलिस के मुताबिक, उर्मिला ने मनातू में रहनी वाली अपनी बहन के बेटे राहुल के साथ हत्या की योजना बनाई। राहुल ने अपने ट्रक चालक शंकर के जरिए शूटर नरेश सिंह से संपर्क किया। नरेश लातेहार के मनिका थाना क्षेत्र के डोकी का रहने वाला है। एसपी कपिल चौधरी ने गुरुवार को बताया कि तुलेश्वर महतो राजमिस्त्री का काम करता था। वह पहली पत्नी उर्मिला देवी और बेटे के साथ पंजाब में रहता था। कुछ समय पहले पत्नी से विवाद के बाद वह पंजाब छोड़कर गांव लौट आया था। उर्मिला पंजाब में रहकर एक कंपनी में काम कर रही थी। पुलिस के अनुसार, राहुल ने पूछताछ में बताया कि तुलेश्वर ने उसकी मौसी उर्मिला को छोड़कर दूसरी शादी कर ली थी। उर्मिला के कहने पर हत्या के लिए नरेश सिंह को डेढ़ लाख रुपए दिए गए। हत्या में नरेश की पिस्टल का इस्तेमाल हुआ। तुलेश्वर घर में खाना खा रहा था, तभी दो लोगों ने उसे बाहर बुलाया और पास से गोली मार दी। गंभीर रूप से घायल तुलेश्वर को मेदिनीराय मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में उसकी मौत हो गई। मृतक के भाई मुरारी महतो के बयान पर अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी। मामले की जांच के लिए लेस्लीगंज एसडीपीओ प्रशांत कुमार के नेतृत्व में विशेष टीम बनाई गई थी।
गोंडा में धनतेरस और दीपावली पर बाजारों में भीड़ को देखते हुए शहर में गुरुवार शाम 6 बजे से भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई है। यह प्रतिबंध दीपावली की रात 12 बजे तक लागू रहेगा। इस दौरान चौक समेत शहर के प्रमुख बाजारों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में भारी वाहन नहीं जा सकेंगे। यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने रूट डायवर्जन लागू किया है। गुड्डू मल चौराहे से चौक होते हुए सद्भावना पुलिस चौकी की ओर भारी वाहन नहीं जा सकेंगे। इसी तरह झंझरी ब्लॉक से चौक होते हुए गुड्डू मल चौराहे की ओर भी भारी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा। सद्भावना से चौक होते हुए गुड्डू मल चौराहे जाने वाले वाहनों को दूसरे रास्तों से जाना होगा। मनकापुर बस स्टॉप से जिला महिला अस्पताल और चुंगी नाका से गुड्डू मल चौराहे तक भारी वाहनों की आवाजाही बंद रहेगी। महिला अस्पताल से मनकापुर बस स्टॉप और चौक की ओर भी भारी वाहन नहीं चल सकेंगे। पूरे जिले में 3 हजार पुलिसकर्मियों की तैनाती त्योहार के दौरान चौक और शहर के अलग-अलग बाजारों में एक हजार से अधिक पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है। पूरे जिले में दो एडिशनल एसपी, छह सीओ और 17 थाना प्रभारियों समेत करीब तीन हजार पुलिसकर्मी सुरक्षा व्यवस्था संभालेंगे। निगरानी के लिए एक हजार से अधिक सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। सोशल मीडिया पर भी कड़ी नजर रखी जाएगी। लोगों की आवाजाही के लिए ई-रिक्शा चलेंगे, लेकिन चौक इलाके में इनके प्रवेश पर रोक रहेगी। सीओ ट्रैफिक दधीबल तिवारी ने बताया कि दीपावली के मद्देनजर शहर में भारी वाहनों की एंट्री प्रतिबंधित की गई है। यातायात व्यवस्था सुचारु रखने और लोगों की सुरक्षा के लिए पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। बाजारों में सादे कपड़ों में भी तैनात रहेंगे पुलिसकर्मी एसपी अभिषेक झा ने बताया कि धनतेरस, छोटी दीपावली और दीपावली को देखते हुए सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। जिले के सभी 17 थानों की पुलिस को अलर्ट किया गया है। बाजारों में अतिरिक्त पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। वर्दी के साथ सादे कपड़ों में भी पुलिसकर्मी निगरानी करेंगे। महिलाओं की सुरक्षा के लिए एंटी रोमियो टीम को भी लगाया गया है। सोशल मीडिया पर भी कड़ी निगरानी रखी जा रही है।
नासिक कुंभ मेले का ध्वज फहराने के बाद बुधवार को उज्जैन पहुंचे अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महामंडलेश्वर रविंद्र पुरी महाराज गुरुवार दोपहर करीब 4 बजे भगवान महाकाल के दर्शन करने मंदिर पहुंचे। इस दौरान चेकिंग के नाम पर मंदिर के सुरक्षाकर्मियों द्वारा उनके साथ अभद्रता की गई। उन्हें चांदी गेट से प्रवेश देने में आनाकानी की गई और काफी देर तक खड़ा रखा गया। मोबाइल चेकिंग के नाम पर हुई इस घटना से रविंद्र पुरी महाराज नाराज हो गए। उन्होंने कहा कि जब संतों के साथ ऐसा व्यवहार हो रहा है तो आम श्रद्धालुओं के साथ कैसा बर्ताव होता होगा, यह सोचने वाली बात है। रविंद्र पुरी महाराज ने कहा- घटना की शिकायत दिल्ली और भोपाल में करूंगा रविंद्र पुरी महाराज ने घटना की शिकायत मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और दिल्ली में करने की बात कही है। उन्होंने आरोप लगाया कि मंदिर के कुछ कर्मचारी आए दिन साधु-संतों के साथ दुर्व्यवहार करते हैं। उन्होंने संबंधित कर्मचारी का नाम भी अधिकारियों को बताया है और ऐसे कर्मचारियों को तत्काल हटाने की मांग की है। उनका कहना है कि मंदिर में दर्शन व्यवस्था को कुछ लोगों ने धंधा बना लिया है और कर्मचारियों को खुली छूट मिली हुई है। आने वाले कुंभ मेले में बड़ी संख्या में श्रद्धालु आएंगे। ऐसे में उनके साथ दुर्व्यवहार होने पर विवाद की स्थिति बन सकती है और मंदिर की छवि खराब होगी। प्रोटोकॉल के बावजूद मंदिर का कोई अधिकारी मौजूद नहीं था रविंद्र पुरी महाराज के लिए प्रोटोकॉल के तहत चांदी गेट से प्रवेश कर देहरी से दर्शन की व्यवस्था थी। उनके साथ कुछ अनुयायी भी मौजूद थे। उन्होंने सुरक्षाकर्मियों को समझाने की कोशिश की, लेकिन इसके बावजूद प्रवेश को लेकर आनाकानी जारी रही। इस घटना के दौरान मंदिर प्रशासन का कोई अधिकारी मौके पर मौजूद नहीं था। मंदिर में प्रशासक के रूप में आईएएस अधिकारी, डिप्टी कलेक्टर और पीआरओ का दायित्व संभालने वाले तहसीलदार स्तर के अधिकारी तैनात हैं। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष के आगमन पर प्रोटोकॉल के अनुसार अधिकारी मौजूद क्यों नहीं थे? रवि सोलंकी ने प्रशासक से की बात घटना के समय विकास प्राधिकरण अध्यक्ष रवि सोलंकी भी मंदिर में मौजूद थे। मामले की जानकारी मिलते ही वे रविंद्र पुरी महाराज से मिलने पहुंचे। उन्होंने घटना की जानकारी लेने के बाद मंदिर प्रशासक से फोन पर बात की और व्यवस्था को लेकर नाराजगी जताई।
मध्य प्रदेश में मुख्यमंत्री फेलो (CM Fellow) भर्ती में आवेदन की अंतिम तारीख को लेकर उठे सवालों के बाद पोर्टल पर सुधार कर दिया गया है। अब उम्मीदवार 11 नवंबर तक आवेदन कर सकेंगे। पहले पोर्टल पर आवेदन की अंतिम तारीख 6 नवंबर दिखाई जा रही थी, जबकि अंदर दिए गए निर्देशों में 11 नवंबर शाम 6 बजे तक आवेदन करने का उल्लेख था। इस विरोधाभास के सामने आने के बाद भर्ती प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल उठे थे। अटल बिहारी वाजपेयी सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान (AIGGPA) के डायरेक्टर डॉ. राजीव दीक्षित ने बताया कि आवेदन की अंतिम तारीख पोर्टल पर सुधारकर 11 नवंबर कर दी गई है। उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रिया में संस्थान के एक्सपर्ट जरूर शामिल होते हैं, लेकिन पूरी भर्ती प्रक्रिया उद्यमिता विकास केंद्र (सैडमैप) के जरिए संचालित होती है। डॉ. दीक्षित के मुताबिक, आवेदन की तारीख में चूक कैसे हुई, इस संबंध में सैडमैप से जानकारी मांगी गई है। वहीं, इस मामले में सैडमैप के अधिकारियों से संपर्क नहीं हो सका। 9 जिलों में खाली पदों पर भर्ती मुख्यमंत्री यंग प्रोफेशनल फॉर डेवलपमेंट प्रोग्राम (CM-YPDP) के तहत प्रदेश के 9 जिलों में CM Fellow के रिक्त पदों पर भर्ती की जा रही है। सैडमैप ने 4 नवंबर को ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए थे। शुरुआत में पोर्टल पर आवेदन की अंतिम तारीख 11 नवंबर थी, लेकिन बाद में इसे बदलकर 6 नवंबर कर दिया गया था। आवेदन विंडो के ऊपर 6 नवंबर की तारीख दिखाई दे रही थी, जबकि अंदर दिए गए निर्देशों में 11 नवंबर शाम 6 बजे तक आवेदन करने का उल्लेख था। इस विसंगति को लेकर सवाल उठे थे कि आवेदन के लिए समय अचानक क्यों घटाया गया। अब पोर्टल पर अंतिम तारीख फिर से 11 नवंबर कर दी गई है। पहले भी भर्ती पर उठे थे सवाल CM Fellow भर्ती को लेकर संविदा, आउटसोर्स एवं अस्थायी कर्मचारी संगठन के अध्यक्ष वासुदेव शर्मा ने भ्रष्टाचार, भाई-भतीजावाद और चयन प्रक्रिया में अनियमितताओं के आरोप लगाए थे। उन्होंने वरिष्ठ अधिकारी की पत्नी और RSS स्वयंसेवकों के चयन को लेकर सवाल उठाते हुए मेरिट सूची, प्राप्तांक, कटऑफ और आरक्षण रोस्टर सार्वजनिक करने की मांग की थी। शर्मा ने भर्ती प्रक्रिया की स्वतंत्र जांच कराने और अनियमितताएं प्रमाणित होने पर जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग भी की है।
लखनऊ में ई-रिक्शा पलटा नीचे दबकर किशोरी की मौत:प्लाई लादकर ले जा रहा था, अनियंत्रित होकर पलट गया
लखनऊ के फैजाबाद रोड पर बुधवार को प्लाई से लदा बैटरी रिक्शा अनियंत्रित होकर पलट गया। हादसे में रिक्शे पर सवार 16 साल की किशोरी प्लाई के नीचे दब गई, जिससे उसकी इलाज के दौरान मौत हो गई। हादसे के समय किशोरी अपनी बहन के साथ कमता की तरफ जा रही थी। सूचना पर पहुंची चिनहट पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस के मुताबिक,मूल निवास सीतापुर के रामपुर कला थाना क्षेत्र का भेलसपुर गांव निवासी निवासी प्रियंका (16) अपनी बहन निशा के साथ चिनहट के सेमरा स्थित आदर्श एंक्लेव में रहती थी। वह अपनी बहन निशा के साथ बैटरी रिक्शा पर सवार थी। रिक्शे पर प्लाई लदी हुई थी। बुधवार दोपहर करीब 4:30 बजे फैजाबाद रोड स्थित आदर्श ढाबे के सामने अचानक रिक्शा अनियंत्रित होकर पलट गया। इससे उस पर लदी प्लाई नीचे गिरने लगी। प्रियंका ने बचने की कोशिश की, लेकिन प्लाई उसके ऊपर गिर गई। गंभीर चोट लगने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। सूचना पर उपनिरीक्षक अभिषेक तिवारी और मदान पटेल पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने किशोरी को एंबुलेंस से लोहिया अस्पताल पहुंचाया, जहां इलाज के दौरान डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त रिक्शे को कब्जे में लेकर वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। प्रियंका का है।
HAJIPUR NEWS: सीएम पर आपत्तिजनक टिप्पणी में युवक गिरफ्तार
5 गुरुवार, नवंबर: हाजीपुर में सीएम सम्राट चौधरी पर आपत्तिजनक टिप्पणी मामले में पुलिस ने पुलौरा गांव के निशांत कुमार यादव को गिरफ्तार कर मोबाइल जब्त किया।
बिजली निगम कर्मचारियों के लिए खुशखबरी:दिवाली पर मिलेगा ₹2,000 का टोकन गिफ्ट; सीधे खाते में आएगी रकम
दिवाली के पावन अवसर पर हरियाणा की दोनों बिजली वितरण निगमों-दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम (DHBVN) और उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम (UHBVN) ने अपने कर्मचारियों को बड़ा तोहफा दिया है। दोनों निगमों के ग्रुप 'सी' और 'डी' तथा समकक्ष श्रेणियों के लगभग 33,000 पात्र कर्मचारियों को 2,000 रुपये का दिवाली टोकन गिफ्ट देने का निर्णय लिया गया है। यह निर्णय हरियाणा पावर यूटिलिटीज की चेयरपर्सन आशिमा बराड़ की स्वीकृति से लिया गया है। निगमों के प्रबंध निदेशक विक्रम सिंह के निर्देशानुसार, यह गिफ्ट राशि कर्मचारियों के बैंक खातों में सीधे जमा करवाई जाएगी। वित्त निदेशक नरेश मेहता ने बताया कि दोनों निगमों के सभी डीडीओ व संबंधित अधिकारियों को निर्देश जारी कर दिए गए हैं कि दिवाली से पहले हर पात्र कर्मचारी के खाते में ₹2,000 की राशि पहुंच जाना सुनिश्चित किया जाए। कच्चे व पक्के... सभी कर्मचारियों को मिलेगा लाभ इस बार योजना का दायरा काफी व्यापक रखा गया है। इसका लाभ केवल नियमित कर्मचारियों तक सीमित न रहकर ऑन-रोल कर्मचारियों को भी मिलेगा। इसमें नियमित कर्मचारी, अनुबंध आधार पर नियुक्त कर्मचारी, हरियाणा कौशल रोजगार निगम के तहत कार्यरत कर्मी और पार्ट-टाइम एवं डीसी रेट के कर्मचारी शामिल हैं। पात्रता की शर्त यह है कि 1 नवंबर 2026 को सेवा में कार्यरत सभी पात्र कर्मचारी इस सौगात के हकदार होंगे। प्रबंधन ने दीं दिवाली की शुभकामनाएं पावर यूटिलिटीज की चेयरपर्सन आशिमा बराड़ और प्रबंध निदेशक विक्रम सिंह ने सभी कर्मचारियों और उनके परिवारों को दिवाली की बधाई दी। उन्होंने कामना की कि दीपों का यह पर्व सभी के जीवन में सुख, समृद्धि और नई ऊर्जा लेकर आए।
5 नवंबर, गुरुवार: पटना में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी ने छठ घाटों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने घाटों की तैयारियों का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
शाहजहांपुर के निगोही इलाके में पत्नी के मायके से वापस नहीं लौटने से परेशान एक युवक ने गुरुवार दोपहर घर में खुद को गोली मार ली। गोली लगने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। युवक की पहचान 30 वर्षीय मनसुख के रूप में हुई है। उसने 12 बोर की पौनिया से खुद को गोली मारी। घटना के समय परिवार के सभी लोग घर से बाहर थे। परिजनों ने बाद में उसका अंतिम संस्कार कर दिया। दो महीने पहले हुई थी शादी मनसुख मजदूरी करके परिवार का पालन-पोषण करता था। करीब दो महीने पहले उसकी शादी बिहार की रहने वाली एक युवती से हुई थी। शादी के बाद पत्नी उसके साथ घर आई थी। करीब एक महीने पहले वह मायके चली गई, लेकिन इसके बाद वापस नहीं लौटी। परिजनों के मुताबिक, पत्नी के वापस न आने से मनसुख परेशान रहता था। परिवार से कहता था- आत्महत्या कर लूंगा मनसुख के भाई ने पुलिस को बताया कि पत्नी के नहीं लौटने के कारण उसका भाई मानसिक रूप से परेशान था। वह परिवार के लोगों से कई बार आत्महत्या करने की बात कह चुका था। गुरुवार दोपहर करीब 12 बजे परिवार के सभी लोग घर से बाहर थे। इसी दौरान मनसुख ने घर में रखी 12 बोर की पौनिया से खुद को गोली मार ली। भाई खुद थाने पहुंचकर दी सूचना भाई के मुताबिक, जिस पौनिया से मनसुख ने गोली मारी, वह घर में ही रखी थी। परिवार को पुलिस को सूचना देने की जानकारी नहीं थी। इसके बाद उसका भाई खुद थाने पहुंचा और पुलिस को घटना की जानकारी दी। परिजनों ने किसी पर कोई आरोप नहीं लगाया है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मौके से पौनिया कब्जे में ले ली। सीओ सदर शुभम वर्मा ने बताया कि युवक के आत्महत्या करने की सूचना मिली है। मामले की जांच की जा रही है।
कपास के खेत में गांजे के 97 पौधे मिले:खरगोन में 9 किलो गांजा जब्त, रखवाली कर रहा युवक गिरफ्तार
खरगोन के बेड़िया इलाके में पुलिस ने कपास के खेत में गांजे की खेती पकड़ी। गुरुवार को पिपरीखेड़ी के दांगी फालिया में दबिश देकर 97 हरे पौधे जब्त किए गए। पौधों की ऊंचाई करीब 2 से 3 फीट थी। उनका कुल वजन 9 किलो 260 ग्राम और अनुमानित कीमत 74 हजार रुपए बताई गई है। पुलिस ने खेत की रखवाली कर रहे युवक को गिरफ्तार किया। थाना प्रभारी रामेश्वर ठाकुर ने बताया कि पिपरीखेड़ी के दांगी फालिया में गांजे की खेती की सूचना मिली थी। इसके बाद पुलिस टीम ने मौके पर दबिश दी और खेत की घेराबंदी कर रामलाल उर्फ रामू डावर को पकड़ा। खेत की तलाशी में कपास की फसल के बीच गांजे के पौधे मिले। पुलिस ने सभी 97 पौधे जब्त कर आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 के तहत केस दर्ज किया है। उसे न्यायालय में पेश किया जा रहा है। एएसपी शकुंतला रुहल ने बताया कि पौधों की ऊंचाई करीब 2 से 3 फीट थी। मामले में जांच जारी है। पुलिस मुख्यालय की नारकोटिक्स शाखा का विशेष अभियान 10 नवंबर तक चल रहा है।
आलीराजपुर जिले के बलेड़ी गांव में गुरुवार को लिमसिंह बघेल की अंतिम यात्रा निकाली गई। ग्रामीण ढोल-नगाड़ों और डीजे की धुन पर नाचते-गाते उन्हें विदाई देने पहुंचे। मातम के बजाय धूमधाम से विदाई की थी इच्छा जोबट तहसील के बलेड़ी गांव के अंबा फलिया निवासी लिमसिंह बघेल गांव के सबसे बुजुर्ग लोगों में से एक थे। गांव के सरपंच रमेश डावर ने बताया कि लिमसिंह की इच्छा थी कि उनकी अंतिम यात्रा मातम के बजाय धूमधाम से निकाली जाए। वे चाहते थे कि ढोल-नगाड़े और डीजे बजें और गांव के लोग नाचते-गाते उन्हें श्मशान घाट तक लेकर जाएं। ग्रामीणों ने पूरी की आखिरी इच्छा गुरुवार को ग्रामीणों ने उनकी इच्छा का सम्मान करते हुए अंतिम यात्रा निकाली। बड़ी संख्या में लोग ढोल-नगाड़ों और डीजे की धुन पर नाचते-गाते श्मशान घाट तक पहुंचे। अंतिम यात्रा का वीडियो भी सामने आया है। इसमें ग्रामीण ढोल-नगाड़ों और डीजे की धुन पर नाचते हुए दिखाई दे रहे हैं।
जींद पुलिस ने नशा सप्लायर सहित चार नशा तस्करों को गिरफ्तार किया है। सीआईए नरवाना ने कैथल रोड पर स्विफ्ट कार में सवार तीन तस्करों के पास 25 ग्राम हेरोइन मिली। शहर पुलिस ने नशा तस्करी में गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ के बाद नशा मुहैया करवाने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया है। जिसकी पहचान पंजाब पटियाला के घग्गा निवासी सुखविंद्र उर्फ लाडी के रूप में हुई है। कार में हेरोइन के साथ गिरफ्तार आरोपियों में मानसा निवासी विक्रमजीत, कैथल के वजीरखेड़ा निवासी बिट्टू व जींद के लोहचब निवासी रविंद्र शामिल है। नरवाना सीआईए ने की कार्रवाई नरवाना सीआईए इंजार्च यादवेंद्र सिंह ने बताया कि सीआईए को स्विफ्ट कार में नशा तस्करी की सूचना मिली। सूचना के बाद सीआईए ने कैथल रोड पर वाहनों की चेकिंग शुरू की। जींद ओवरब्रिज के पास पुलिस को एक संदिग्घ कार खड़ी दिखाई दी। जांच के दौरान कार सवारों के पास 25 ग्राम हेरोइन मिली। जिसके बाद आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस का केस दर्ज कर कार सहित उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है। नरवाना में करते थे सप्लाई शहर थाना पुलिस ने नरवाना की चमेला कॉलोनी निवासी प्रदीप उर्फ दीपड़ को 10.26 ग्राम हेरोइन के साथ गिरफ्तार किया था। आरोपी से पूछताछ में पुलिस के सामने पंजाब के नशा सप्लायर का नाम सामने आया। जिसके बाद पुलिस ने पटियाला के घग्गा निवासी सुखविंद्र उर्फ लाड़ी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अब आरोपी से पूछताछ कर रही है।
छिंदवाड़ा के बगीचा क्षेत्र में गुरुवार को पुलिस ने दीपावली से पहले पटाखा दुकानों की जांच की। इस दौरान कई दुकानदारों के पास वैध लाइसेंस नहीं मिले। सीएसपी अभिषेक चौधरी ने इन दुकानों को लाइसेंस मिलने तक बंद रखने के निर्देश दिए। जांच में दुकानों के बीच तय दूरी का पालन नहीं होना भी सामने आया। पुलिस ने दुकानदारों से कहा कि बिना लाइसेंस पटाखे नहीं बेच सकते। 100 दुकानों के लिए 200 से ज्यादा आवेदन जेल बगीचा में करीब 100 पटाखा दुकानें लग सकती हैं। प्रशासन ने ऑनलाइन आवेदन मांगे थे, लेकिन 200 से ज्यादा आवेदन आ गए। एसडीएम पुष्पेंद्र निगम ने बताया कि दस्तावेजों की जांच की जा रही है। जिनके दस्तावेज पूरे होंगे, उन्हें नियम के अनुसार लाइसेंस दिए जाएंगे। इसके बाद नगर निगम और पुलिस की टीम दुकानों की जगह और सुरक्षा जांचेगी। लाइसेंस के लिए 500 रुपए मांगे कुछ दुकानदारों का आरोप है कि लाइसेंस के लिए 500 रुपए मांगे जा रहे हैं। पैसे नहीं देने पर लाइसेंस देने में देरी की जा रही है। एसडीएम ने बताया कि ऐसी शिकायत उनके पास आई थी। उन्होंने कहा कि पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन है। लाइसेंस पोर्टल से ही मिलेंगे। किसी को अतिरिक्त पैसे देने की जरूरत नहीं है। पैसे मांगने वाले के खिलाफ कार्रवाई होगी। दुकानों के बीच दूरी के लिए नगर निगम को पत्र सीएसपी अभिषेक चौधरी ने बताया कि दुकानों के बीच तय दूरी नहीं मिली। इस बारे में नगर निगम को पत्र लिखा जाएगा। आपात स्थिति के लिए मौके पर फायर ब्रिगेड भी रखी गई है।
जयपुर में जयपुर विकास प्राधिकरण की आवासीय योजनाओं में भूखंड लेने का इंतजार कर रहे लोगों के लिए अच्छी खबर है। जयपुर विकास प्राधिकरण लंबे समय बाद आमजन के लिए एक साथ दो नई आवासीय योजनाएं लॉन्च करने की तैयारी कर रहा है। सरकार की तीसरी वर्षगांठ के मौके पर इन योजनाओं को लॉन्च किया जा सकता है। इनमें एक योजना दूदू के भोजपुर और दूसरी मानपुरा टीलावाला में प्रस्तावित है। दोनों योजनाओं का राजस्थान रेरा (रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी) में पंजीकरण अंतिम चरण में है। नई योजनाओं के पंजीकरण का रास्ता साफ नई योजनाओं के लॉन्च होने से जयपुर में अपनी जमीन या मकान का सपना देख रहे लोगों को जमीन खरीदने का नया मौका मिलेगा। जेडीए लंबे समय से इन योजनाओं को शुरू करने की तैयारी कर रहा था, लेकिन राजस्थान रेरा में पंजीकरण नहीं होने के कारण मामला अटका हुआ था। अब पुरानी योजनाओं से जुड़ी रेरा की आपत्तियों का समाधान होने के बाद नई योजनाओं के पंजीकरण का रास्ता साफ हो गया है। 18 पुरानी योजनाओं के कारण अटका था नई योजनाओं का पंजीकरण जेडीए की पहले से पंजीकृत 18 आवासीय योजनाओं का विकास पूरा करने की निर्धारित अवधि समाप्त हो चुकी थी, लेकिन इन योजनाओं में प्राधिकरण की ओर से विकास कार्य पूरे नहीं कराए गए थे। इसके चलते इन योजनाओं का रेरा पंजीकरण लैप्स हो गया था। नियमों के तहत विकास कार्यों की अवधि पूरी होने और जरूरी प्रक्रिया नहीं होने के कारण इन योजनाओं का पंजीकरण आगे नहीं बढ़ पाया। इस स्थिति के कारण जेडीए की नई आवासीय योजनाओं के रेरा पंजीकरण में भी समस्या आ रही थी। प्राधिकरण लंबे समय से नई योजनाओं को लॉन्च करने के लिए कोशिश कर रहा था, लेकिन पुरानी योजनाओं का मामला सुलझ नहीं पाने से नई योजनाओं की प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ पा रही थी। रेरा से एक्सटेंशन मिलने के बाद मिली राहत पुरानी योजनाओं का पंजीकरण लैप्स होने के बाद जेडीए की ओर से इस संबंध में कार्रवाई की गई। प्राधिकरण ने राजस्थान रेरा में आवेदन कर योजनाओं के विकास कार्यों की अवधि बढ़ाने यानी एक्सटेंशन देने का आग्रह किया। जेडीए के आवेदन पर रेरा ने अधिकतर योजनाओं के लिए एक्सटेंशन दे दिया है। इससे पुरानी योजनाओं से जुड़ी रेरा की बाधा दूर होने लगी है। अब नई आवासीय योजनाओं के पंजीकरण की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। दोनों प्रस्तावित योजनाओं का रेरा पंजीकरण अंतिम चरण में पहुंचने के बाद जेडीए इनके लॉन्च की तैयारी कर रहा है। दूदू के भोजपुर और मानपुरा टीलावाला में मिलेंगे भूखंड जेडीए की नई आवासीय योजनाओं में दूदू के भोजपुर और मानपुरा टीलावाला को शामिल किया गया है। दोनों स्थानों पर योजनाएं विकसित कर आमजन को भूखंड उपलब्ध कराने की तैयारी है। इन योजनाओं के लॉन्च होने से जयपुर में आवासीय भूखंड खरीदने के इच्छुक लोगों को नए विकल्प मिल सकेंगे। हालांकि, योजनाओं में कुल कितने भूखंड होंगे, उनका आकार क्या रहेगा, कीमत कितनी होगी और आवेदन की प्रक्रिया कब शुरू होगी, इसकी जानकारी अभी सामने नहीं आई है। जेडीए की ओर से योजनाओं का औपचारिक लॉन्च होने के बाद इनका पता लग सकेगा। लंबे समय बाद आमजन के लिए नई योजनाएं जेडीए लंबे समय से नई आवासीय योजनाएं लॉन्च करने की तैयारी कर रहा था। पुरानी योजनाओं के विकास कार्यों और रेरा पंजीकरण से जुड़ी प्रक्रिया के कारण नई योजनाओं का मामला आगे नहीं बढ़ पा रहा था। अब रेरा से एक्सटेंशन मिलने के बाद प्राधिकरण के लिए नई योजनाओं को लॉन्च करने का रास्ता साफ हुआ है। सरकार की तीसरी वर्षगांठ के मौके पर दोनों योजनाओं को लॉन्च करने की तैयारी है। ऐसे में भूखंड खरीदने की योजना बना रहे लोगों की नजर अब जेडीए की औपचारिक घोषणा पर रहेगी। योजनाओं की लॉन्चिंग के साथ ही भूखंडों की संख्या, कीमत, आवेदन की तारीख और आवंटन प्रक्रिया से जुड़ी जानकारी सामने आने की उम्मीद है।
सिरसा जिले की दो छात्राओं से छेड़छाड़ के दोषी व्यक्ति को 7 साल की सजा सुनाई गई है। मामले में आज वीरवार को एडीजे डॉ. नरेश सिंघल की कोर्ट में सुनवाई हुई और दोषी पर 45 हजार रुपए जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना न भरने पर अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। जानकारी के अनुसार, पीड़िताएं एक ही गांव की रहने वाली है और दोनों आपस में एक-दूसरे की सहेली है। यह मामला चार साल पुराना है और उस समय पीड़िताएं तीसरी कक्षा में पढ़ती थी। दोनों स्कूल से आ रही थी तो रास्ते में पड़ोसी ने गली में रोक लिया और गाल पर काट लिया था। परिजनों ने गांव की दुकान पर लगे सीसीटीवी देखकर आरोपी का पता लगाया। पुलिस ने पीड़िता की काउंसलिंग करवाई और महिला अधवक्ता के समक्ष बयान दर्ज करवाए। उनके बयान पर आरोपी सेवक के खिलाफ छेड़छाड़ सहित विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार लिया। सिलसिलेवार ढंग से जानिए पूरा मामला स्कूल से घर आ रही थी सहेली के साथ मामले में सरकारी वकील अमित मेहता के अनुसार, पुलिस को दी शिकायत में जिले के गांव निवासी पीड़िता ने बताया था कि 22 अगस्त 2022 को वह और सहेली स्कूल से छुट्टी होने के बाद वापिस अपने घर आ रही थी। तभी अंकल सेवल उनसे मिले, जोकि वहां पास में ही रहते हैं। खाने के लिए एक-एक टॉफी दी उनके पास आए और अंकल ने उनको खाने के लिए एक-एक टॉफी दी। टॉफी खाने के बाद अंकल ने उनको गोद में उठा लिया और उसे व उसकी सहेली को एक पतली सी गली में ले गए। जब वह दोनों रोने लगी तो अंकल ने उनको गालियां देना शुरू कर दिया और गलत काम करने के लिए बोलने लगा। दोनों दांतों से काटा उन्होंने किस करने या गलत काम करने से मना किया तो अंकल ने उसे व उसकी सहेली को दांतों से काट लिया। काटने से दर्द होने पर वे दोनों रोने लगी, जिसके बाद वे उनको गली में ही छोड़कर भाग गए। वे दोनों रोते हुए घर पहुंची तो उन्होंने अपने घरवालों को सारी आपबीती बताई। इसके बाद घरवालों ने गली में जाकर पास की एक दुकान के सीसीटीवी कैमरे में देखकर अंकल के बारे में पता चला, जिसने छेड़छाड़ की है। इसके बाद वे पुलिस थाने पहुंची।
फतेहपुर में जिलाधिकारी निधि गुप्ता वत्स ने गुरुवार दोपहर 3 बजे बिन्दकी बस स्टॉप, सिविल लाइंस स्थित आईटीआई परिसर में बन रहे भवन का औचक निरीक्षण किया। प्रधानमंत्री जन विकास कार्यक्रम के तहत बन रहे इस भवन पर 9.57 करोड़ रुपए खर्च किए जा रहे हैं। भवन का निर्माण यूपी प्रोजेक्ट्स कॉर्पोरेशन लिमिटेड की निर्माण इकाई-2, प्रयागराज कर रही है। काम की धीमी गति और तय समय पर पूरा न होने पर डीएम ने नाराजगी जताई। उन्होंने निर्माण पूरा होने तक कार्यदायी संस्था के प्रोजेक्ट मैनेजर का वेतन रोकने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान डीएम ने दरवाजे, खिड़कियां, फर्श के पत्थर और स्टील ग्रिल समेत निर्माण सामग्री की जांच की। उन्होंने लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के अधिशासी अभियंता से एस्टीमेट का मिलान कर तय मानकों के अनुसार सामग्री इस्तेमाल होने की जांच करने को कहा। डीएम ने भवन की बाहरी दीवार पर सीलन की जानकारी ली और छत पर जल निकासी व्यवस्था देखी। उन्होंने छत के पाइप चैंबर पर ढक्कन लगाने और बीमों के बीच की खाली जगह भरने के निर्देश दिए। उन्होंने परिसर के सेप्टिक टैंक के पास बने टैंक में सुरक्षा के लिए जाली लगाने को कहा। पूरे परिसर में सफाई कराने के निर्देश परिसर के पुराने और जर्जर भवनों को जल्द गिराने और पूरे परिसर में सफाई कराने के निर्देश भी दिए। डीएम ने कार्यदायी संस्था को बाकी फिनिशिंग का काम अच्छी गुणवत्ता के साथ 25 दिनों में पूरा करने को कहा। निरीक्षण के दौरान पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता, कार्यदायी संस्था के प्रोजेक्ट मैनेजर और राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) के प्रधानाचार्य समेत अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।
राजगढ़-ब्यावरा के बीच जयपुर-जबलपुर नेशनल हाईवे पर गुरुवार सुबह 10 बजे तेज रफ्तार कंटेनर ने पीछे से बाइक को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद बाइक सवार ओमप्रकाश जाटव (48) सड़क पर गिर गए और कंटेनर उन्हें करीब 100 फीट तक घसीटता ले गया। हादसे में उनका शरीर बुरी तरह क्षत-विक्षत हो गया। घटनास्थल पर आधा सिर और दोनों पैर ही मिले। सड़क पर करीब 100 फीट तक खून के निशान और घसीटे जाने के निशान दिखाई दिए। बाइक पर पीछे बैठी शांति बाई (47) घायल होकर सड़क पर तड़पती रहीं। हादसे के बाद चालक कंटेनर लेकर भाग निकला और कुछ दूर एक ढाबे पर वाहन छोड़कर फरार हो गया। घटना राजगढ़ से करीब 14 किलोमीटर दूर खीमाखेड़ी के पास हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, कंटेनर की टक्कर इतनी तेज थी कि बाइक सवार दोनों लोग उछलकर सड़क पर जा गिरे। आसपास के लोगों ने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची कोतवाली पुलिस ने फावड़े की मदद से सड़क पर बिखरे शव के अवशेषों को समेटा और पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल पहुंचाया। घायल महिला को भी जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका उपचार किया गया। बेटे से जेल में मिलने आई थीं शांति बाई दरअसल, मलावर थाना क्षेत्र के भगवतीपुरा निवासी ओमप्रकाश जाटव कारीगरी का काम करते थे। गुरुवार सुबह वह अपनी बाइक से राजगढ़ आए थे। उनके साथ मलावरी गांव की रहने वाली परिचित शांति बाई सोंधिया भी थीं। बताया जा रहा है कि शांति बाई का बेटा राजगढ़ जेल में बंद है। वह उससे मिलने के लिए ओमप्रकाश के साथ राजगढ़ आई थीं। जेल में मुलाकात के बाद दोनों कुछ घंटे राजगढ़ में रुके और फिर बाइक से अपने गांव लौट रहे थे। इसी दौरान राजगढ़ से करीब 14 किलोमीटर दूर खीमाखेड़ी के पास पीछे से आए तेज रफ्तार कंटेनर ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। हादसे के बाद चालक कंटेनर लेकर भाग गया।ढाबे पर कंटेनर छोड़कर फरार हुआ चालक हादसे के बाद कंटेनर चालक कुछ दूर तक वाहन लेकर गया। इसके बाद उसने एक ढाबे पर कंटेनर खड़ा किया और मौके से फरार हो गया। कंटेनर का नंबर RJ06 GD 5749 है। सूचना मिलने पर पुलिस ढाबे पर पहुंची और कंटेनर जब्त कर कोतवाली थाने ले आई। पुलिस अब फरार चालक की तलाश कर रही है। दोपहर में पोस्टमार्टम के बाद ओमप्रकाश का शव परिजनों को सौंप दिया गया। परिजन शव लेकर भगवतीपुरा रवाना हुए।पीछे छूट गए पत्नी और दो छोटे बच्चे ओमप्रकाश परिवार में अकेले कमाने वाले थे। वह कारीगरी का काम करके परिवार का पालन-पोषण करते थे। उनकी आर्थिक स्थिति भी कमजोर थी। परिवार में पत्नी माया, 15 साल की बेटी रोशनी और 13 साल का बेटा जितेंद्र है। ओमप्रकाश ने पहले शांति बाई के घर बनाने का काम किया था। इसी दौरान दोनों की पहचान हुई थी। गुरुवार को शांति बाई अपने बेटे से मिलने के लिए उनके साथ राजगढ़ आई थीं, लेकिन लौटते समय हुए हादसे में ओमप्रकाश की जान चली गई। अब परिवार के सामने रोजी-रोटी का संकट भी खड़ा हो गया है।
चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को यात्री सुविधाओं और सेवाओं के लिए एयरपोर्ट्स काउंसिल इंटरनेशनल (ACI) के तीन सम्मान मिले हैं। अडानी एयरपोर्ट होल्डिंग्स लिमिटेड द्वारा संचालित इस एयरपोर्ट को एएसक्यू अवॉर्ड्स 2025 के तहत ये सम्मान दिए गए। गुरुवार, 5 नवंबर को ACI के प्रतिनिधियों ने एयरपोर्ट का दौरा किया और तीनों पुरस्कार सौंपे। एयरपोर्ट को वैश्विक स्तर पर सर्वश्रेष्ठ हवाई अड्डा (आगमन श्रेणी) का पुरस्कार मिला है। इसके अलावा, एशिया-प्रशांत क्षेत्र में 50 लाख से डेढ़ करोड़ यात्रियों वाली श्रेणी में प्रस्थान सेवाओं के लिए सर्वश्रेष्ठ एयरपोर्ट का सम्मान मिला। यात्री अनुभव और सेवा गुणवत्ता बेहतर बनाने के लिए ACI कस्टमर एक्सपीरियंस एक्रेडिटेशन का लेवल-3 प्रमाणन भी मिला है। फरवरी में घोषणा, जून में मिले; नवंबर में सौंपे पुरस्कार ACI ने एएसक्यू अवॉर्ड्स 2025 की घोषणा फरवरी 2026 में की थी। कस्टमर एक्सपीरियंस एक्रेडिटेशन लेवल-3 जून 2026 में मिला था। गुरुवार को तीनों पुरस्कार औपचारिक रूप से सौंपे गए। वैश्विक आगमन श्रेणी का पुरस्कार विमान से उतरने के बाद इमिग्रेशन, बैगेज कलेक्शन और टर्मिनल तक पहुंचने जैसी सुविधाओं में यात्रियों को बेहतर अनुभव देने के प्रयासों के लिए मिला है। एयरपोर्ट प्रबंधन के मुताबिक, ये सम्मान एयरपोर्ट की टीम, एयरलाइंस, सुरक्षा एजेंसियों, सरकारी विभागों, ग्राउंड हैंडलिंग टीमों और अन्य सेवा प्रदाताओं के सामूहिक प्रयासों का नतीजा हैं। पिछले कुछ वर्षों में यात्री सुविधाएं बेहतर करने, शिकायतों का समय पर निपटारा करने, कामकाज में तालमेल और सेवाओं की गुणवत्ता बढ़ाने पर ध्यान दिया गया है। गुरुवार को ही लखनऊ से फ्लाईएडील की मदीना के लिए सीधी अंतरराष्ट्रीय उड़ान सेवा शुरू हुई। इससे यात्रियों को एक नया विकल्प मिला है और लखनऊ की अंतरराष्ट्रीय हवाई कनेक्टिविटी मजबूत हुई है।
सहारनपुर में एक साथ जलीं मां-बेटे-बहू की चिताएं:देहरादून हादसे में कपूर परिवार की 3 पीढ़ियां खत्म
सहारनपुर में जिस घर में दिवाली की तैयारियां चल रही थीं, वहां गुरुवार शाम एक साथ तीन अर्थियां उठीं। देहरादून सड़क हादसे में जान गंवाने वाले आयकर विभाग में तैनात एडवोकेट विश्वेष कपूर, उनकी पत्नी निशा आनंद कपूर और मां किरण कपूर के शव जब घर पहुंचे तो परिवार और पड़ोसियों की आंखें नम हो गईं। घर पर दिवाली की झालरें लगी थीं। बेटे माहेर के लिए खरीदी गई पटाखों की लड़ी भी रखी थी। लेकिन जिस परिवार ने साथ मिलकर त्योहार मनाने की तैयारी की थी, उसकी खुशियां एक हादसे में उजड़ गईं। गुरुवार शाम करीब 4:30 बजे तीनों के शव सहारनपुर स्थित गोकुल एंक्लेव कॉलोनी के घर पहुंचे। कुछ देर बाद तीनों की अर्थियां एक साथ उठीं। अंतिम संस्कार के दौरान तीनों चिताएं भी एक साथ जलीं। एक ही परिवार की तीन पीढ़ियों को इस तरह विदा होते देख हर कोई स्तब्ध था। इस हादसे में विश्वेष और निशा का छह साल का बेटा माहेर गंभीर रूप से घायल हुआ है। उसने एक ही हादसे में पिता, मां और दादी को खो दिया। कार चालक नीरज की भी मौत हो गई। दिवाली की खरीदारी कर देहरादून जा रहा था परिवार विश्वेष कपूर परिवार के साथ गोकुल एंक्लेव कॉलोनी में रहते थे। बुधवार को वह पत्नी निशा, मां किरण, छह साल के बेटे माहेर और कार चालक नीरज के साथ देहरादून जा रहे थे। परिवार चमन विहार फेस में रहने वाले विश्वेष के छोटे भाई दीपेश कपूर से मिलने निकला था। दीपेश की पत्नी गर्भवती हैं। परिवार दिवाली की खरीदारी करके निकला था। कार में त्योहार के उपहार और खरीदारी का सामान भी रखा था। बुधवार दोपहर करीब 3:30 बजे देहरादून के मोहब्बेवाला चौक स्थित साईं मंदिर के पास अचानक एक अनियंत्रित कंटेनर ट्रक कार पर पलट गया। ट्रक में प्लास्टिक के दानों से भरे कट्टे लदे थे। कंटेनर गिरने से कार की छत और बॉडी बुरी तरह पिचक गई। कार से बच्चे के रोने की आवाज आई, तब चला पता हादसे के बाद मौके पर पहुंचे लोगों ने पुलिस को सूचना दी। कार की हालत देखकर किसी के बचने की उम्मीद नहीं थी। पुलिसकर्मियों ने आवाज लगाई तो अंदर से कोई हलचल नहीं हुई। तभी कार के भीतर से बच्चे के रोने की आवाज सुनाई दी। पुलिसकर्मियों ने सावधानी से कार के हिस्से अलग कर छह साल के माहेर को बाहर निकाला और अस्पताल पहुंचाया। इसके बाद कटर से कार की बॉडी काटकर अन्य लोगों के शव निकाले गए। करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद रेस्क्यू पूरा हुआ। हादसे में विश्वेष, उनकी पत्नी निशा, मां किरण और चालक नीरज की मौत हो गई। बेटे की जिद पर खरीदी थी 2 हजार पटाखों की लड़ी पड़ोसियों उपेंद्र कुमार, रमन कुमार और विजय ठकराल ने बताया कि परिवार दिवाली की तैयारियों में जुटा था। दो दिन पहले ही विश्वेष ने बेटे माहेर की जिद पर दो हजार पटाखों की लड़ी खरीदी थी। पूरे मकान पर बिजली की झालरें लगवाई थीं। त्योहार पर रिश्तेदारों से मिलने की भी तैयारी थी। पड़ोसियों ने बताया कि घर की रेलिंग पर पत्नी के धोकर सुखाए कपड़े तक रखे हैं। घर पर झालरें लगी हैं, लेकिन उन्हें देखने वाले परिवार के लोग अब नहीं लौटेंगे। किसी को यकीन नहीं हो रहा कि दिवाली की खरीदारी करने निकला परिवार हमेशा के लिए बिछड़ गया। सोसाइटी ग्रुप पर आया मौत का संदेश, कॉलोनी में छाया सन्नाटा बुधवार शाम करीब सात बजे गोकुल एंक्लेव कॉलोनी के सोसाइटी ग्रुप पर संदेश आया कि विश्वेष कपूर, उनकी पत्नी और मां की देहरादून में सड़क हादसे में मौत हो गई है। संदेश मिलते ही कॉलोनी में सन्नाटा पसर गया। लोग घरों से बाहर निकल आए। कोई हादसे की जानकारी लेने लगा तो कोई परिवार के घर पहुंचा। कॉलोनी के लोग छह साल के माहेर के भविष्य को लेकर चिंतित हैं। हादसे में घायल मासूम ने अपने माता-पिता और दादी को खो दिया है। चालक नीरज की तीन बेटियों के सिर से उठा पिता का साया हादसे में कार चालक नीरज की भी मौत हो गई। वह परिवार के साथ डेली वेज पर कार चलाता था। उसकी तीन बेटियां हैं। पिता की मौत से तीनों बेटियों के सिर से सहारे का हाथ उठ गया। दिवाली से पहले नीरज के परिवार की खुशियां भी मातम में बदल गईं। पांच साल पहले बनवाया था घर, अब रह गईं यादें विश्वेष कपूर पहले खेमका सदन, मिशन कंपाउंड में रहते थे। करीब पांच साल पहले उन्होंने गोकुल एंक्लेव कॉलोनी में मकान बनाकर परिवार के साथ रहना शुरू किया था। उनकी बड़ी बहन दिल्ली में रहती हैं। जिस घर को उन्होंने परिवार के लिए बनाया था, गुरुवार शाम उसी घर में तीन शव पहुंचे। दिवाली के लिए खरीदे गए उपहार, बेटे के पटाखे और घर पर लगी झालरें अब परिवार की अधूरी खुशियों की याद दिला रहे हैं। शाम को जब तीनों की चिताएं एक साथ जलीं तो पूरा मोहल्ला गमगीन हो गया।
नवादा के रजौली प्रखंड के भड़रा गांव में औद्योगिक क्षेत्र स्थापित करने की दिशा में बड़ी पहल हुई है। मुख्यमंत्री की प्रगति यात्रा के दौरान की गई घोषणा के अनुपालन में जिला प्रशासन ने औद्योगिक क्षेत्र के विकास के लिए 220.745 एकड़ जमीन उद्योग विभाग को हस्तांतरित कर दी है। जिला पदाधिकारी रवि प्रकाश के निर्देशन में यह प्रक्रिया पूरी हुई। 139 एकड़ निजी जमीन का अधिग्रहण औद्योगिक क्षेत्र के लिए 139.395 एकड़ निजी भूमि का अधिग्रहण किया गया है। इसका दखल-कब्जा संबंधित विभाग को सौंप दिया गया है। वहीं, 81.35 एकड़ सरकारी भूमि पहले ही हस्तांतरित की जा चुकी थी। इस तरह अब कुल 220.745 एकड़ जमीन उपलब्ध हो गई है। 249 रैयतों को मिलेगा मुआवजा निजी भूमि अधिग्रहण के तहत कुल 249 रैयतों को मुआवजा दिया जाना है। अब तक लगभग 6 करोड़ 25 लाख रुपये का भुगतान किया जा चुका है। शेष मुआवजा राशि के भुगतान की प्रक्रिया जारी है। BIADA विकसित करेगा औद्योगिक क्षेत्र अब उद्योग विभाग BIADA के माध्यम से जमीन का विकास करेगा। इसके बाद औद्योगिक इकाइयां स्थापित करने के लिए उद्यमियों को भूमि आवंटित की जाएगी। निवेश और रोजगार की बढ़ेंगी संभावनाएं औद्योगिक क्षेत्र की स्थापना से नवादा में निवेश बढ़ने की उम्मीद है। इससे स्थानीय युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर मिल सकते हैं। रजौली और आसपास के इलाकों में आर्थिक गतिविधियों को भी गति मिलने की संभावना है। अब औद्योगिक क्षेत्र का विकास कार्य शुरू होने और यहां इकाइयों की स्थापना पर नजर रहेगी।
5 नवंबर, गुरुवार: दरभंगा में राजद नेता तेजस्वी यादव ने बिहार की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए अपराध बढ़ने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राज्य में हत्या और दुष्कर्म की घटनाएं लगातार हो रही हैं और पुलिस से आम लोग परेशान हैं।
बरेली में धनतेरस और दिवाली पर बाजारों में भीड़ को देखते हुए ट्रैफिक पुलिस ने तीन दिन का डायवर्जन प्लान लागू किया है। 6, 7 और 8 नवंबर को दोपहर 2 बजे से रात 1 बजे तक प्रमुख बाजारों में तीन पहिया, चार पहिया वाहनों और ई-रिक्शा की एंट्री बंद रहेगी। खरीदारी के लिए आने वाले लोगों को तय पार्किंग में वाहन खड़े करने होंगे। वहां से बाजार तक पैदल जाना होगा। इन रास्तों से बाजार में नहीं जा सकेंगे वाहन श्यामगंज, बरेली कॉलेज पश्चिमी गेट, सिकलापुर चौराहा, खलील तिराहा और कुतुबखाना की ओर प्रतिबंधित वाहनों को जाने की अनुमति नहीं होगी। किला क्रॉसिंग, सूद धर्मकांटा, कोहाड़ापीर और पटेल चौक से भी बड़े बाजार की ओर वाहन नहीं जा सकेंगे। इन रास्तों पर पुलिसकर्मियों की तैनाती रहेगी। वाहन चालकों को जाम से बचने के लिए वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करना होगा। भारी वाहनों के लिए भी डायवर्जन त्योहार के दौरान भारी वाहनों की शहर में एंट्री भी बंद रहेगी। परसाखेड़ा रोड नंबर एक, ट्रांसपोर्ट नगर, सेटेलाइट तिराहा और रामगंगा तिराहा समेत प्रमुख रास्तों से भारी वाहन शहर में नहीं आ सकेंगे। दिल्ली और रामपुर की ओर से आने वाले वाहन झुमका तिराहा से परसाखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र रोड नंबर एक या बड़े बाईपास से इन्वर्टिस तिराहा होकर ट्रांसपोर्ट नगर जा सकेंगे। लखनऊ और बदायूं की ओर जाने वाले वाहनों को तय वैकल्पिक रास्तों से भेजा जाएगा। दो कॉलेजों में पार्किंग की व्यवस्था खरीदारी के लिए आने वाले लोगों के वाहनों की पार्किंग जीआईसी कॉलेज ग्राउंड और बिशप इंटर कॉलेज ग्राउंड में होगी। एसपी ट्रैफिक अकमल खान ने बताया कि त्योहारों पर बाजारों में भीड़ बढ़ने से जाम की आशंका रहती है। लोगों की सुविधा और यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए यह प्लान तैयार किया गया है। उन्होंने वाहन चालकों से तय पार्किंग का इस्तेमाल करने और प्रतिबंधित रास्तों पर वाहन नहीं ले जाने की अपील की।
ललितपुर में दीपावली पर लगने वाले पटाखा बाजारों में आग से बचाव के लिए अग्निशमन विभाग ने पहले से तैयारी कर ली है। गुरुवार शाम करीब 4 बजे अग्निशमन कार्यालय से पांच दमकल गाड़ियां अलग-अलग बाजारों के लिए रवाना की गईं। इनमें सबसे दूर मड़ावरा कस्बे में भी दमकल की व्यवस्था की गई है। दरअसल, मुख्यालय से मड़ावरा की दूरी करीब 70 किलोमीटर है। ऐसे में आग लगने पर मुख्यालय से दमकल भेजने पर मौके तक पहुंचने में करीब दो घंटे लग सकते हैं। चार स्थानों पर लगेंगे पटाखा बाजार जिले में ललितपुर शहर के अलावा मड़ावरा, तालबेहट और महरौनी कस्बों में पटाखा बाजार लगाए जाएंगे। ये बाजार 6 नवंबर से लगातार तीन दिन तक चलेंगे। अग्निशमन विभाग ने बाजारों में सुरक्षा के मद्देनजर पहले से दमकल गाड़ियां तैनात करने का निर्णय लिया है। दूरी के हिसाब से भेजी गईं दमकल गाड़ियां मड़ावरा के लिए 800 लीटर क्षमता वाली दमकल गाड़ी भेजी गई है। तालबेहट और महरौनी के लिए 2,500-2,500 लीटर पानी की क्षमता वाली दमकल गाड़ियां रवाना की गई हैं। वहीं, ललितपुर शहर के पटाखा बाजार में दो दमकल गाड़ियां तैनात रहेंगी। आग लगने पर मुख्यालय से पहुंचने में लगेंगे दो घंटे ललितपुर मुख्यालय से मड़ावरा करीब 70 किलोमीटर, तालबेहट 50 किलोमीटर और महरौनी करीब 45 किलोमीटर दूर है। जिले में अग्निशमन विभाग का एकमात्र कार्यालय मुख्यालय पर है। ऐसे में इन कस्बों में आग लगने पर मुख्यालय से दमकल गाड़ी भेजने में काफी समय लग सकता है। इसी समस्या को देखते हुए विभाग ने तीनों कस्बों में बाजार शुरू होने से पहले ही दमकल गाड़ियां पहुंचा दी हैं, ताकि आपात स्थिति में तत्काल आग पर काबू पाया जा सके।
एंटीलिया बम धमकी और मनसुख हिरेन हत्याकांड मामले में पूर्व मुंबई पुलिस अधिकारी सचिन वाजे को बॉम्बे हाईकोर्ट से बड़ा झटका लगा है। हाईकोर्ट ने गुरुवार को विशेष अदालत की ओर से 29 सितंबर को वाजे को दी गई जमानत रद्द कर दी। जस्टिस जीएस कुलकर्णी और जस्टिस नीला गोखले की खंडपीठ ने राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की अपील पर यह फैसला सुनाया।
राजनांदगांव साइबर पुलिस ने टाटा पावर सोलर कंपनी का फर्जी डिस्ट्रीब्यूटर बनाने के नाम पर 11 लाख 36 हजार रुपए की ऑनलाइन ठगी करने वाले गिरोह का पता लगाया है। पुलिस ने बिहार के बोधगया से दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। उनके पास से मोबाइल, लैपटॉप और अन्य सामान जब्त किया गया है। इनके पास से 7 मोबाइल, लैपटॉप, स्कैनर और ग्राहकों व बैंक खातों की जानकारी वाली नोटबुक समेत कई सामान जब्त किए गए हैं। जानिए पूरा मामला आरोपियों ने इंस्टाग्राम पर टाटा पावर सोलर कंपनी की डिस्ट्रीब्यूटरशिप देने का फर्जी विज्ञापन लिंक बनाया था। लोग इस लिंक पर अपना नाम, मोबाइल नंबर और अन्य जानकारी दर्ज करते थे। इसके बाद आरोपी खुद को कंपनी का प्रतिनिधि बताकर उनसे संपर्क करते थे। वे रजिस्ट्रेशन, मशीन की अग्रिम कीमत और अधिकारियों के आने-जाने के खर्च के नाम पर अलग-अलग किश्तों में पैसे मंगवाते थे। भरोसा जीतने के लिए ईमेल से फर्जी दस्तावेज भी भेजते थे। पुलिस ने आरोपियों के पास से अलग-अलग कंपनियों के 7 मोबाइल फोन, 1 एचपी लैपटॉप और 1 स्कैनर डिवाइस जब्त किया है। उनके पास ग्राहकों और बैंक खातों की जानकारी वाली 2 नोटबुक, 2 एटीएम कार्ड, ठगी में इस्तेमाल सिम कार्ड और अन्य इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस भी मिले। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान प्रशांत कुमार उर्फ निक्की (27) और अभिषेक कुमार यादव उर्फ रवि (34) के रूप में हुई है। प्रशांत बिहार के नालंदा जिले के सारे थाना क्षेत्र के निवासी हैं। अभिषेक बिहार के औरंगाबाद जिले के बारुण थाना क्षेत्र के विशुनबीघा के निवासी हैं। पुलिस ने लोगों से कहा है कि किसी कंपनी की फ्रेंचाइजी या डिस्ट्रीब्यूटरशिप लेने से पहले उसकी आधिकारिक वेबसाइट पर जानकारी जांच लें। सोशल मीडिया के विज्ञापनों और अनजान लिंक पर अपनी निजी जानकारी साझा न करें। ऑनलाइन ठगी होने पर साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं।
नमस्कार आज की सबसे बड़ी खबर पटना से है। MLC चुनाव में तीन सीटों पर जदयू की हार हुई है। अररिया के रानीगंज थाना क्षेत्र में 20 साल की युवती के साथ घर में घुसकर दुष्कर्म का मामला सामने आया है। मोकामा विधायक अनंत सिंह को दुलारचंद यादव हत्याकांड में सुप्रीम कोर्ट ने अब 4 दिसंबर 2026 तक या उससे पहले संबंधित जांच अधिकारी के सामने सरेंडर करने का आदेश दिया है। चलिए सिलसिलेवार पढ़ते हैं, बिहार दिनभर में क्या कुछ खास रहा… 1. जदयू की बैठक में नहीं पहुंचे नीतीश, ललन और निशांत MLC चुनाव में तीन सीटों पर जदयू की हार हुई है। इस हार के बाद जनता दल यूनाइटेड आज समीक्षा कर रही है। पटना स्थित पार्टी ऑफिस में बैठक हो रही है। हालांकि, इस बैठक में पूर्व सीएम और पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार, केद्रीय मंत्री ललन सिंह और स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार नहीं पहुंचे हैं। प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा समेत पार्टी के कई वरिष्ठ नेता शामिल हैं। पूरी खबर पढ़ें 2. अररिया में घर में घुसकर युवती से रेप अररिया के रानीगंज थाना क्षेत्र में 20 साल की युवती के साथ घर में घुसकर दुष्कर्म का मामला सामने आया है। घटना के वक्त युवती घर में अकेली थी और किराना दुकान खोलने के बाद साफ-सफाई कर रही थी। इसी दौरान आरोपी अपनी गाड़ी दुकान के सामने खड़ी कर घर में घुस गया। आरोप है कि उसने युवती के मुंह में कपड़ा ठूंसकर उसके साथ जबरदस्ती की और फिर मौके से फरार हो गया। घटना 1 नवंबर की दोपहर करीब 2 बजे की है। पीड़िता की मां मजदूरी करने गई थीं। घर लौटने पर युवती ने उन्हें पूरी घटना बताई। इसके बाद परिवार को पूरी घटना की जानकारी हुई। पूरी खबर पढ़ें 3. अनंत सिंह को 4 दिसंबर तक सरेंडर करने का आदेश मोकामा विधायक अनंत सिंह को दुलारचंद यादव हत्याकांड में सुप्रीम कोर्ट ने अब 4 दिसंबर 2026 तक या उससे पहले संबंधित जांच अधिकारी के सामने सरेंडर करने का आदेश दिया है। इससे पहले उनके लिए सरेंडर करने की समय सीमा 1 दिसंबर तय होने की बात सामने आई थी। ताजा आदेश में इसे बढ़ाकर 4 दिसंबर कर दिया गया है। सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट के 19 मार्च 2026 के जमानत आदेश को अगली सुनवाई तक निलंबित कर दिया है। SC ने कहा कि हाईकोर्ट ने अनंत सिंह को जमानत देते समय उनके खिलाफ दर्ज आपराधिक मामलों की संख्या और आरोपों की गंभीरता पर सही तरीके से विचार नहीं किया। कोर्ट ने इस बात पर भी सवाल उठाया कि उनके खिलाफ दर्ज आपराधिक मामलों को राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता से जोड़कर कैसे देखा गया। पूरी खबर पढ़ें 4. 10वीं की छात्रा से रेप, टीचर पर आरोप औरंगाबाद के कस्तूरबा गांधी गर्ल्स रेसिडेंशियल स्कूल की 10वीं की छात्रा से रेप का मामला सामने आया है। आरोप स्कूल के कंम्प्यूटर टीचर पर लगा है। नाबालिग के मुताबिक, आरोपी टीचर ने शादी का झांसा देकर वारदात को अंजाम दिया। छात्रा ने ये भी कहा कि जब मैं प्रेग्नेंट हो गई तो टीचर ने मुझे दवा खिला दी। नाबालिग के मुताबिक, आरोपी टीचर माता-पिता की हत्या की धमकी देता था। मैं डर जाती थी। इसी तरह ब्लैकमेल कर वो पिछले एक महीने से वारदात को अंजाम दे रहा था। छात्रा की ओर से परिजन को दी गई जानकारी के बाद जम्होर थाना में आवेदन देकर मामला दर्ज कराया गया है। पूरी खबर पढ़ें 5. 6 महीने में पत्नी को छोड़कर भागे ऑफिसर बिहार के बेतिया में श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी पर उनकी पत्नी ने शादी के महज 6 महीने बाद छोड़कर चले जाने, प्रताड़ित करने और तलाक के लिए दबाव बनाने का आरोप लगाया है। श्वेता के मुताबिक, अप्पू कुमार से उनकी दोस्ती सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम के जरिए हुई थी। बातचीत का सिलसिला शुरू हुआ और धीरे-धीरे दोनों के बीच प्रेम संबंध बन गया। शादी का वादा कर मुकर गए, फिर FIR दर्ज होने के बाद शादी हुई। पत्नी श्वेता का कहना है कि पति अप्पू कुमार अब उन्हें अपने साथ नहीं रखना चाहते हैं। इतना ही नहीं, रिश्ता खत्म करने के बदले 40 लाख रुपए लेने का प्रस्ताव भी दिया जा रहा है। पूरी खबर पढ़ें 6. 'एक मां के बेटे ने बर्बाद कर दिया' भोजपुरी अभिनेता पवन सिंह और उनकी पत्नी के तलाक केस के बीच ज्योति सिंह की सोशल मीडिया स्टोरी चर्चा में है। उन्होंने इंस्टाग्राम पर एक स्टोरी शेयर की है, जिसमें मां-बेटी के रिश्ते का जिक्र करते हुए एक भावुक और तंज भरी बात लिखी गई है। ज्योति सिंह ने स्टोरी में लिखा- ‘मैं अपनी मां से बड़े फक्र से कहा करती थी- दुनिया में कोई मां ऐसी बेटी पैदा नहीं कर पाई, जो तेरी बेटी को बर्बाद कर पाए। फिर एक मां ने बेटा पैदा कर दिया।’ हालांकि ज्योति सिंह ने किसी का नाम नहीं लिया, लेकिन पति से विवाद के बीच इसे पवन सिंह से जोड़कर देखा जा रहा है। पूरी खबर पढ़ें 7. दुकानदार को पेट्रोल छिड़ककर जिंदा जलाया सीवान में बुधवार की रात बदमाशों ने दुकान पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगा दी और बाहर से ताला लगाकर फरार हो गए। इस हादसे में दुकानकार जिंदा जल गया। घटना जीबी नगर थाने से 100 मीटर दूर की है। गुरुवार की सुबह घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची। शव को पोस्टमॉर्टम करा कर परिजनों को सौंप दिया। घटना से आक्रोशित ग्रामीण शव के साथ सड़क पर प्रदर्शन किया। इस दौरान सड़क जाम कर आगजनी की। इससे करीब दो घंटे तक यातायात बाधित रही। मृतक की पहचान जीबी नगर थाना क्षेत्र के अलावल टोला निवासी जलील अंसारी के बेटे नदीम अंसारी (25) के रूप में हुई है। पूरी खबर पढ़ें 8. भागलपुर में पार्टी के बहाने बुलाकर युवक की हत्या भागलपुर के सुल्तानगंज में एक युवक की हत्या का मामला सामने आया है। परिजन का आरोप है कि दोस्तों ने पार्टी के बहाने बुलाकर हत्या की वारदात को अंजाम दिया है। मृतक के शरीर पर मारपीट और चोट के निशान हैं। परिजन का आरोप है कि मंगलवार से बुधवार तक तीन बार थाना जाने के बाद पुलिस ने गुमशुदगी का मामला दर्ज किया। जब ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो परिजन गांव के लोगों के साथ बुधवार शाम थाना का घेराव करने पहुंचे। इसके बाद पुलिस ने युवक की तलाश शुरू की। इसी दौरान देर रात भावनाथपुर बगीचा के पास शव एक पुल के नीचे से बरामद किया गया। पूरी खबर पढ़ें 9. मनीष कश्यप ने गर्लफ्रेंड संग शेयर की फोटो यूट्यूबर मनीष कश्यप को उनकी दुल्हनिया मिल गई है। उन्होंने सोशल मीडिया पर अपने रिलेशनशिप का ऐलान किया है। पटना वीमेंस कॉलेज की छात्रा अनुष्का के साथ सोशल मीडिया पर तस्वीर शेयर की है। मनीष कश्यप ने इंस्टा पर दो तस्वीरें शेयर की है। हमसफर के साथ दिल वाला इमोजी भी लगाया है। लिखा- ‘अब हर सफर तुम्हारे साथ। ख्वावों में देखा था जिस खूबसूरत एहसास को आज उसी हमसफर के साथ एक नई कहानी दुनिया के सामने हैं।’ पूरी खबर पढ़ें 10. कल बिहार में मौसम सामान्य रहेगा मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, कल यानी शुक्रवार को बिहार में मौसम सामान्य रहेगा। बारिश की संभावना नहीं है। सुबह के समय हल्की ठंड महसूस होगी।
अंडमान-निकोबार द्वीप समूह का विकास प्रकृति और जीव-जंतुओं के साथ समन्वय बनाकर किया जाना चाहिए। पर्यावरण और सामरिक दृष्टि से यह क्षेत्र बेहद महत्वपूर्ण है। ऐतिहासिक रूप से भी यह नेताजी सुभाष चंद्र बोस और वीर सावरकर की भूमि रही है। यहां के कण-कण में देशभक्ति का भाव है। यह बात अंडमान-निकोबार द्वीप समूह के उपराज्यपाल डॉ. दिनेश शर्मा ने गुरुवार को अलीगंज स्थित नेताजी सुभाष चंद्र बोस राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय में एक दिवसीय राष्ट्रीय परिचर्चा में कही। परिचर्चा का विषय 'जलवायु परिवर्तन के दौर में द्वीपों का भविष्य- अंडमान-निकोबार द्वीप से पर्यावरणीय संदेश' रहा। समुद्री जीव-जंतु समझते हैं प्रकृति की भाषा मुख्य अतिथि डॉ. दिनेश शर्मा ने कहा कि अंडमान-निकोबार द्वीप समूह अपनी अद्भुत प्राकृतिक छटा के लिए जाना जाता है। यहां के समुद्री जीव-जंतु प्रकृति की भाषा समझते हैं। ऐसे में द्वीपों के विकास में पर्यावरण संरक्षण और प्राकृतिक संतुलन को प्राथमिकता देना जरूरी है। पंडित केदारनाथ शर्मा कक्ष का लोकार्पण इस अवसर पर डॉ. दिनेश शर्मा ने राज्यसभा सदस्य के रूप में अपनी निधि से निर्मित पंडित केदारनाथ शर्मा 'पाधा जी' बीबीए कक्ष का लोकार्पण भी किया। कार्यक्रम में देश के जाने-माने वैज्ञानिक प्रो. सीएम नौटियाल, प्रो. मुकुंद शर्मा, प्रो. व्यंकटेश दत्ता, प्रो. ध्रुवसेन सिंह और दूरदर्शन के निदेशक आत्म प्रकाश मिश्र ने भी विचार रखे। चार पुस्तकों का विमोचन किया महाविद्यालय की प्राचार्य प्रो. शालिनी श्रीवास्तव ने अतिथियों का अंगवस्त्र और स्मृति चिह्न देकर स्वागत किया। कार्यक्रम की संयोजक प्रो. कंचन लता रहीं। आयोजन सचिव प्रो. पूनम वर्मा ने संचालन किया। डॉ. भास्कर शर्मा ने मुख्य अतिथि को अभिनंदन पत्र समर्पित किया।कार्यक्रम के अंत में मुख्य अतिथि ने प्रो. शालिनी श्रीवास्तव, प्रो. संजय बरनवाल, प्रो. राजीव यादव, प्रो. पूनम वर्मा, डॉ. श्वेता भारद्वाज और डॉ. रोशनी सिंह द्वारा संपादित चार पुस्तकों सहित अन्य शिक्षकों की लिखित पुस्तकों का विमोचन किया।
वाराणसी नगर निगम के सूजाबाद-डोमरी वार्ड के पड़ाव-बहादुरपुर मार्ग पर जलकल की पाइप लीकेज होने से स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। इस दिक्कत से परेशान होकर गुरुवार की दोपहर स्थानीय पंकज कुमार यादव ने अर्धनग्न होकर पानी में बैठकर विरोध किया। इस दौरान पंकज ने बताया की हमने कई बार सभी विभागों को लेटर दिया। पार्षद से कहा पर समस्या का समाधान नहीं हुआ। पाइप लाइन क्षतिग्रस्त होने से घरों में गंदा पानी आ रहा है। हमें वहीं इस्तेमाल करना पड़ रहा है। ऐसे में हमारी मांग है की इसे जल्द से जल्द सही किया जाए। रोड होती जा रही है खोखली पंकज ने बताया - यह पड़ाव से लेके बहादुरपुर वाला मुख्य मार्ग है। और हम लोगों ने सारे अधिकारियों को सूचना दे दिया, अवगत करा दिया गया है, लेकिन यह लोग काम करने का नाम नहीं ले रहे हैं। आगे जल निगम की पाइप लीकेज है, जो कि नीचे-नीचे रोड पोल (खोखला) होता जा रहा है। ऊपर से किसी दिन बड़ा हादसा हो जाएगा, कोई ट्रक बैठ जाएगा लेकर। यह अधिकारी सुनने को तैयार नहीं है। यह 3 महीने से यहां पानी भरा हुआ है। यहां के व्यापारी काफी परेशान हैं। यहां के क्षेत्र के लोग काफी परेशान हैं। पार्षद दे रहे हैं आश्वासन पंकज ने बताया - पार्षद यही कहते हैं हो जाएगा, हो जाएगा। दिवाली का त्यौहार है। इसके बाद छठ पूजा है और इसके पहले जीउतिया (जीवितपुत्रिका) पूजा बीता है। सारी माताएं-बहनें इसी में से लोग आते-जाते हैं। हिंदू धर्म के, मुसलमान धर्म के भाई लोग नमाज़ पढ़ने के लिए इसी गंदे पानी में से आना-जाना होता है। चार विद्यालय हैं। बच्चों इसी तरीके से पैदल आ रहे हैं, जा रहे हैं। गार्जियन हैं, उनको जूता-मोजा दिला रहे हैं। लेकिन इसी पानी में से उनका डेली आवागमन हो रहा है।
आगरा के कमला नगर क्षेत्र में घर में चोरी की वारदात को अंजाम देने वाले अंतरराज्यीय गैंग का पुलिस ने खुलासा किया है। कमला नगर थाना पुलिस, सर्विलांस सेल और एसओजी नगर जोन की संयुक्त टीम ने गैंग के दो पुरुष और एक महिला समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनके कब्जे से सोने-चांदी के आभूषण, चांदी के सिक्के समेत अन्य सामान बरामद किया गया है। गैंग का एक सदस्य अभी फरार है। अभी चोरी गए पूरे सामान की बरामदगी नहीं हुई है। अब पढ़िए पूरा मामलाडीसीपी सिटी रविंद्र कुमार ने बताया कि 1 नवंबर की रात कमला नगर में पीवीसी कारोबारी संदीप अग्रवाल के घर में चोरी हुई थी। परिवार के सभी सदस्य घर में सो रहे थे। सुबह उठने पर एक कमरे का गेट बाहर से बंद मिला। पीड़ित ने अपने पिता को फोन कर दरवाजा खुलवाया। दूसरे कमरे में जाकर देखा तो अलमारी खुली हुई थी और उसमें रखे सोने-चांदी के आभूषण और चांदी के सिक्के गायब थे। इस मामले में कमला नगर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया था। खिड़की तोड़कर अंदर प्रवेश कियापुलिस टीम ने घटनास्थल और आसपास के सीसीटीवी कैमरे खंगाले। गुरुवार को मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने वीरू उर्फ शंकर और सुनील को कृष्णा मेट्रो सिटी के पास से गिरफ्तार कर लिया। उनकी निशानदेही पर वीरू की पत्नी को सदर बाजार क्षेत्र के मिंटो रोड स्थित उसकी दुकान से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उन्होंने रात में घर की खिड़की तोड़कर अंदर प्रवेश किया था। इसके बाद अलमारी का ताला तोड़कर आभूषण चोरी किए थे। वारदात में वीरू का भाई विक्रम भी शामिल था। वीरू की पत्नी चोरी का सामान छिपाने में मदद करती थी। ये सामान हुआ बरामदपुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चार सोने की चूड़ियां, दो सोने की चेन, एक पेंडल वाली चेन, आधे चंद्राकार डिजाइन का हार, दो अंगूठियां, फोटो लगी एक अंगूठी, नग जड़ी एक अंगूठी, दो चांदी के सिक्के, एक बैग, तीन परफ्यूम की शीशी और क्रीम की शीशी बरामद की हैं। गिरफ्तार वीरू उर्फ शंकर मूल रूप से ग्वालियर (मध्य प्रदेश) का रहने वाला है। उस पर देहरादून और हरिद्वार में भी चोरी के मुकदमे दर्ज हैं। दूसरा आरोपी सुनील आगरा के एत्माद्दौला क्षेत्र का रहने वाला है। पुलिस विक्रम की तलाश कर रही है। अभी पूरा सामान नहीं हुआ बरामदपीड़ित ने बताया कि चोर घर से काफी सामान ले गए थे। पुलिस ने कुछ माल बरामद कर लिया है। उन्हें जो सामान दिखाया गया है, उसमें अभी बहुत सी सामान नहीं मिला है। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि फरार आरोपी की गिरफ्तारी के बाद बाकी सामान भी बरामद कर लिया जाएगा।
मेरठ निवासी कैंसर सर्वाइवर शिक्षिका दीपा जैन की मुश्किलें पति की मौत के बाद और बढ़ गई हैं। पति की हादसे में मौत के चार महीने बाद गढ़ रोड स्थित शिवालिक स्मॉल फाइनेंस बैंक ने उनके घर पर करीब 30 लाख रुपये के हाउसिंग लोन की किश्त जमा नहीं करने का नोटिस चस्पा कर दिया। बैंक कर्मचारियों ने उन्हें को-बॉरोवर बताते हुए किश्त जमा करने का दबाव बनाया। ऐसा नहीं करने पर मकान सील करने और नीलाम करने की धमकी देने का आरोप है। पीड़िता का कहना है कि उन्होंने न तो लोन के किसी दस्तावेज पर हस्ताक्षर किए और न ही अपनी बायोमेट्रिक कराई। बैंक भी अब तक उनके हस्ताक्षर और बायोमेट्रिक का कोई प्रमाण नहीं दिखा पाया है। पति की मौत के सदमे और तीसरे चरण के कैंसर से जूझ रही महिला ने गुरुवार को एसएसपी बीबी जीटीएस मूर्ति से न्याय की गुहार लगाई। एसएसपी ने बैंक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई का भरोसा दिया है। पति की मौत के बाद घर पहुंच गए बैंक कर्मचारीदीपा जैन ने बताया कि उनके पति दीपक जैन ने शिवालिक स्मॉल फाइनेंस बैंक से करीब 30 लाख रुपये का हाउसिंग लोन लिया था। ऐसी जानकारी बैंक दे रहा है। 28 जुलाई को विसर्जन के दौरान हुए हादसे में उनके पति की मौत हो गई थी। परिवार अभी इस सदमे से उबरने की कोशिश कर रहा था कि बैंक कर्मचारी उनके घर पहुंच गए। कर्मचारियों ने बताया कि हाउसिंग लोन की किश्त जमा नहीं हो रही हैं। इसके बाद घर पर नोटिस चस्पा कर दिया गया। बैंक की ओर से उन्हें बताया गया कि लोन में वह भी को-बॉरोवर (मुख्य कर्जदार की तरह बराबर का देनदार) हैं और अब उन्हें किश्त जमा करनी होगी। किश्त जमा नहीं करने पर मकान नीलाम करने की चेतावनी दी गई। कंप्यूटर पर दिखाए दस्तावेज, हस्ताक्षर अपने नहींदीपा के मुताबिक, वह अगले दिन बैंक पहुंचीं और पूरे मामले की जानकारी मांगी। बैंक कर्मचारियों ने कंप्यूटर स्क्रीन पर कुछ दस्तावेज दिखाए, जिनमें उन्हें को-बॉरोवर दर्शाया गया था। उन्होंने साफ कहा कि दस्तावेजों पर किए गए हस्ताक्षर उनके नहीं हैं। उन्होंने बैंक से बायोमेट्रिक रिकॉर्ड दिखाने की मांग की लेकिन बैंक कर्मचारी ऐसा कोई रिकॉर्ड नहीं दिखा सके। कर्मचारियों ने कहा कि उनके पास वीडियो रिकॉर्डिंग है। जब दीपा ने वीडियो दिखाने को कहा तो वह भी नहीं दिखाई गई। उनका सवाल है कि जब उन्होंने लोन की प्रक्रिया में हिस्सा ही नहीं लिया तो उन्हें को-बॉरोवर कैसे बना दिया गया। इंश्योरेंस का हवाला दिया तो कैंसल होने की बात कहीदीपा ने बैंक कर्मचारियों से कहा कि जब बैंक लोन करता है तो उसका इंश्योरेंस भी कर देता है। ऐसे में पति की मौत के बाद इंश्योरेंस से लोन की भरपाई की जा सकती है। आरोप है कि बैंक कर्मचारियों ने उन्हें बताया कि लोन का इंश्योरेंस पहले ही कैंसल हो चुका है। दीपा का कहना है कि बैंक ने न तो इंश्योरेंस कैंसल होने का कारण बताया और न ही इससे संबंधित कोई दस्तावेज उपलब्ध कराया। उन्हें संदेह है कि लोन के साथ हुए इंश्योरेंस को जानबूझकर निरस्त कराया गया। तीसरे स्टेज का कैंसर, पहले से चल रहे दो लोनदीपा जैन पेशे से शिक्षिका हैं और तीसरे चरण के कैंसर से जंग जीतकर सर्वाइवर के तौर पर जीवन की मुश्किलों का सामना कर रही हैं। उन्होंने बताया कि पहले से ही एक एजुकेशन लोन और एक कार लोन चल रहा है। पति की मौत के बाद परिवार की आर्थिक जिम्मेदारी भी उनके ऊपर आ गई है। ऐसी स्थिति में करीब 30 लाख रुपये के हाउसिंग लोन की किश्त चुकाना उनके लिए संभव नहीं है। उन्होंने बैंक कर्मचारियों को अपनी बीमारी और आर्थिक स्थिति के बारे में भी बताया लेकिन उनकी समस्या का कोई समाधान नहीं किया गया। अच्छे सिविल स्कोर का फायदा उठाकर लोन देने का आरोपदीपा ने आरोप लगाया कि बैंक ने उनके अच्छे सिविल स्कोर का फायदा उठाकर उन्हें को-बॉरोवर दर्शाते हुए लोन जारी कर दिया। जबकि को-बॉरोवर वाले कॉलम में उनके हस्ताक्षर तक नहीं हैं। उनका कहना है कि बैंक ने अभी तक लोन का सैंक्शन लेटर भी नहीं दिखाया है। उन्हें आशंका है कि उनके पति को झांसे में लेकर बैंक ने अपना लोन टार्गेट पूरा करने के लिए यह प्रक्रिया पूरी की। अब पति की मौत के बाद बैंक उनसे वसूली का दबाव बना रहा है। दीपा का कहना है कि उनके और बच्चों के पास इस मकान के अलावा कोई दूसरा सहारा नहीं है। मकान सील और नीलाम करने की धमकियों से पूरा परिवार परेशान है। एसएसपी से शिकायत, बैंक के खिलाफ कार्रवाई का भरोसादीपा जैन ने गुरुवार को एसएसपी बीबी जीटीएस मूर्ति के सामने अपनी पीड़ा रखी। उन्होंने बताया कि बैंक कर्मचारियों से दस्तावेज और लोन से संबंधित प्रमाण मांगने के बावजूद उन्हें कुछ नहीं दिया जा रहा है। पुलिस से शिकायत करने पर भी बैंक सहयोग नहीं कर रहा है। पीड़िता ने पूरे मामले की जांच कराकर बैंक अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। एसएसपी ने उनकी शिकायत सुनने के बाद बैंक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई कराने का भरोसा दिया है। बैंक से पीड़िता के पांच बड़े सवाल- जब दीपा जैन ने लोन के दस्तावेजों पर हस्ताक्षर नहीं किए तो उन्हें को-बॉरोवर किस आधार पर बनाया गया- बैंक के पास उनके बायोमेट्रिक सत्यापन का रिकॉर्ड क्यों नहीं है- बैंक जिस वीडियो रिकॉर्डिंग का हवाला दे रहा है, उसे पीड़िता को क्यों नहीं दिखाया गया- करीब 30 लाख रुपये के हाउसिंग लोन का सैंक्शन लेटर और इंश्योरेंस से जुड़े दस्तावेज कहां हैं- पति की मौत के बाद लोन का इंश्योरेंस किस आधार पर कैंसल किया गया
युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से क्षेत्रीय सेवायोजन कार्यालय, लालबाग की ओर से बक्शी का तालाब इंटर कॉलेज परिसर में एक दिवसीय वृहद रोजगार मेले का आयोजन किया गया। मेले में विभिन्न कंपनियों ने प्रतिभाग कर अभ्यर्थियों को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए। इसमें 1500 से अधिक अभ्यर्थी पहुंचे, जिनमें से 1124 का चयन किया गया। मेले में ट्रस्ट पावर अर्थिंग्स, आइकोनिक एचआर सॉल्यूशंस, इंस्टाह्यूमन्स, आईटीएम स्किल्स, लेगप्रो सॉल्यूशंस, एसबीआई लाइफ, ग्रोफास्ट, टीआरएस कंसल्टिंग, सूर्या कंस्ट्रक्शन, श्री गणेश कंसल्टेंट्स, असाइन सर्विसेज और केपर हेल्थ नर्सेज सहित 24 कंपनियों ने प्रतिभाग किया। रोजगार मेले युवाओं के लिए महत्वपूर्ण माध्यम कार्यक्रम में मुख्य अतिथि विधायक योगेश शुक्ला ने कहा कि रोजगार मेले युवाओं को रोजगार से जोड़ने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। ऐसे आयोजनों से युवाओं को अपनी योग्यता के अनुसार नौकरी पाने का अवसर मिलता है। उन्होंने युवाओं को रोजगार के अवसरों का लाभ उठाने और आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया। विशिष्ट अतिथि पवन सिंह चौहान ने कहा कि युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराना समाज और देश के विकास के लिए महत्वपूर्ण है। रोजगार मेलों के माध्यम से युवाओं और कंपनियों के बीच सीधा संपर्क स्थापित होता है, जिससे नौकरी पाने की संभावनाएं बढ़ती हैं। आत्मनिर्भर भारत अभियान से जोड़ने पर फोकस सहायक निदेशक (सेवायोजन) एवं जिला सेवायोजन अधिकारी प्रज्ञा त्रिपाठी, सहायक सेवायोजन अधिकारी हिमांशु सिंह और ईशान प्रकाश ने नियोजकों व मेले में पहुंचे अभ्यर्थियों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़कर आत्मनिर्भर भारत अभियान को सफल बनाना तथा हर हाथ को काम उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है।
जालंधर की भगत सिंह कॉलोनी में अवैध खोखे हटाने पहुंची नगर निगम की टीम पर हमला कर दिया। जेसीबी की कार्रवाई शुरू होते ही वहां मौजूद कुछ लोगों ने ईंट-पत्थर बरसाने शुरू कर दिए। इस दौरान इलाके के लोगों के साथ भी हाथापाई हुई। पथराव के बाद माहौल तनावपूर्ण हो गया। सूचना मिलने पर थाना-1 की पुलिस मौके पर पहुंची और एक महिला सहित 2 लोगों को हिरासत में लिया। इनमें खोखे का मालिक भी शामिल है। दोनों तरफ से हुई पत्थरबाजी नगर निगम की टीम ने विरोध के बावजूद कार्रवाई जारी रखी और मौके से 2 खोखे हटाए। घटना के दौरान दोनों पक्षों के बीच मारपीट और पत्थरबाजी के वीडियो भी सामने आए हैं। इनमें कुछ लोग एक व्यक्ति को पकड़कर उसकी पिटाई करते दिखाई दे रहे हैं। वहीं, एक महिला भी पत्थर फेंकती नजर आ रही है। दूसरी ओर इलाके के लोग भी जवाब में पत्थरबाजी करते दिख रहे हैं। बिना नोटिस कार्रवाई करने का आरोप लोगों का आरोप है कि नगर निगम की टीम ने खोखे हटाने से पहले उन्हें कोई नोटिस नहीं दिया। वहीं, इलाके के लोगों का कहना है कि अवैध कब्जों की शिकायत के बाद निगम की टीम कार्रवाई करने पहुंची थी। उनका आरोप है कि कुछ लोगों ने यहां अवैध झुग्गियां भी बना रखी हैं। पुलिस बोली- बयानों के आधार पर होगी कार्रवाई थाना प्रभारी ने बताया कि नगर निगम की टीम ने 2 खोखे हटाए थे। इस दौरान कुछ लोगों ने विरोध करते हुए पथराव किया। पुलिस ने एक महिला सहित 2 लोगों को हिरासत में लिया है। दोनों पक्षों के बयान दर्ज करने के बाद मामले में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
सिंगरौली जिले के बरगवां में पुलिस ने गुरुवार, 5 नवंबर को एक महिला को 56 ग्राम हेरोइन (ब्राउन शुगर) के साथ गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक, इसकी कीमत करीब 5 लाख 60 हजार रुपए है। महिला पर घर के पास नशीला पदार्थ बेचने का आरोप है। पुलिस के अनुसार, मुखबिर ने सूचना दी थी कि बरगवां थाना क्षेत्र के बाघाडीह गांव के कजरदह टोला में रहने वाली रामबाई बसोर घर के पास ब्राउन शुगर बेच रही है। थाना प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार पटेल पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। तलाशी में महिला के पास से 56 ग्राम हेरोइन मिली। पुलिस ने नशीला पदार्थ जब्त कर रामबाई बसोर (35), पति धर्मेंद्र बसोर, निवासी बाघाडीह, थाना बरगवां को गिरफ्तार किया। उसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/21 के तहत केस दर्ज कर जांच की जा रही है। थाना प्रभारी अनिल कुमार पटेल ने बताया कि नशे के अवैध कारोबार की सूचना पर पुलिस ने कार्रवाई की। उन्होंने कहा कि इस कारोबार में शामिल लोगों की जानकारी जुटाई जा रही है और ऐसी गतिविधियों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी। कार्रवाई में उपनिरीक्षक सूरज सिंह, महिला आरक्षक प्रियंका सिंह बघेल, आरक्षक वीरेंद्र त्रिपाठी, शिवराज सिंह तोमर, नंदकिशोर बागरी, अरविंद यादव, महेश पटेल और कीर्ति कुशवाहा शामिल रहे।
राम मंदिर आंदोलन से कायाकल्प तक: दीपोत्सव 2026 में दिखेगी अयोध्या की विरासत व विकास की गाथा
*अयोध्या,5 नवम्बर।* मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में आयोजित दसवें दीपोत्सव-2026 में इस बार रामनगरी के इतिहास, श्रीराम मंदिर आंदोलन और अयोध्या के विकास की यात्रा को विशेष प्रदर्शनी के माध्यम से प्रस्तुत किया जाएगा। संस्कृति विभाग की ओर से रामकथा पार्क में लगाई जाने वाली इस प्रदर्शनी में वर्ष 1500 ईस्वी से लेकर वर्तमान […]
बरेली में युवती को अपने साथ ले जाने की योजना बनाने के आरोप में फरार चल रहे ऋषभ को कोतवाली पुलिस ने गुरुवार को चौपला से गिरफ्तार किया। आरोप है कि उसने अपने दोस्त अहम के साथ मिलकर युवती को ले जाने की कोशिश की और रास्ते में रोकने पहुंचे उसके क्लासमेट से मारपीट की। पुलिस के मुताबिक, 26 अक्टूबर को युवती के पिता ने शिकायत दी थी कि ऋषभ और उसका साथी अहम उनकी बेटी को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गए। रास्ते में युवती के क्लासमेट ने उन्हें रोकने की कोशिश की तो उसके साथ मारपीट की गई। शिकायत के आधार पर कोतवाली में केस दर्ज किया गया था। पुलिस पूछताछ में ऋषभ उर्फ शिव प्रताप सिंह ने बताया कि वह बिछुरइया, थाना भमोरा का रहने वाला है और करीब तीन साल से जाहन्वी से बातचीत करता था। युवती ने उससे बात करना बंद कर दिया तो उसने गुस्से में दोस्त अहम के साथ उसे अपने साथ ले जाने की योजना बनाई। पुलिस के अनुसार, दोनों ने रास्ते में उन्हें रोकने की कोशिश करने वालों को डराया-धमकाया और युवती को अपने साथ ले गए। ऋषभ को गुरुवार दोपहर करीब 3:10 बजे चौपला से गिरफ्तार किया गया। मामले में दूसरे आरोपी अहम की भूमिका की भी जांच की जा रही है। ऋषभ के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। कार्रवाई करने वाली टीम में इंस्पेक्टर राजीव कुमार सिंह, उपनिरीक्षक विजय कुमार और कांस्टेबल मनोज कुमार व अर्जुन तोमर शामिल थे।
मथुरा में गुरुवार की शाम जंक्शन रेलवे स्टेशन पर आगामी दीपावली एवं छठ पूजा के पर्व को देखते हुए रेलवे सुरक्षा बल की ओर से विशेष चेकिंग अभियान चलाया गया। त्योहारों के दौरान यात्रियों की सुरक्षा और रेलवे परिसर में किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के उद्देश्य से सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। अभियान के तहत डॉग स्क्वॉड एवं स्निफर डॉग की मदद से स्टेशन परिसर, प्लेटफॉर्मों और ट्रेनों में सघन जांच की गई। रेलवे सुरक्षा बल की टीम ने स्टेशन पर आने-जाने वाले यात्रियों के सामान की जांच की। इसके साथ ही प्लेटफॉर्मों और अन्य संदिग्ध स्थानों पर भी डॉग स्क्वॉड की सहायता से तलाशी ली गई। जांच के दौरान विशेष रूप से पटाखे, गैस सिलेंडर, पेट्रोल, केरोसिन सहित अन्य ज्वलनशील एवं विस्फोटक सामग्री को रेल परिसर और ट्रेनों में अवैध रूप से ले जाने से रोकने के लिए सतर्कता बरती गई। रेलवे सुरक्षा बल की ओर से इससे पहले चार नवंबर 2026 को भी मथुरा जंक्शन के विभिन्न प्लेटफॉर्मों तथा ट्रेन संख्या 12137, 12618 एवं 64955 में सघन चेकिंग अभियान चलाया गया था। इस दौरान यात्रियों के सामान और ट्रेनों की जांच की गई, लेकिन किसी भी यात्री के पास ज्वलनशील अथवा विस्फोटक सामग्री नहीं मिली थी। दीपावली और छठ पूजा के दौरान रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की आवाजाही बढ़ने की संभावना को देखते हुए रेलवे सुरक्षा बल लगातार निगरानी कर रहा है। स्टेशन परिसर में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है। रेलवे सुरक्षा बल ने यात्रियों से अपील की है कि वे रेल यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की ज्वलनशील अथवा विस्फोटक सामग्री अपने साथ न रखें। सुरक्षित रेल यात्रा सुनिश्चित करने के लिए रेलवे प्रशासन का सहयोग करें।
उमराह के लिए मक्का-मदीना गए इंदौर के करीब 350 यात्रियों की आखिरकार सुरक्षित वतन वापसी हो गई। युद्ध और गोलाबारी के चलते उड़ानें रद्द होने से यात्री वहां फंस गए थे। तय कार्यक्रम से करीब 10 दिन अधिक रुकने के बाद सभी यात्री दुबई और बहरीन के रास्ते भारत लौटे। गुरुवार सुबह इंदौर पहुंचने पर परिजन से मिलकर कई यात्रियों की आंखें नम हो गईं। यात्रियों की वापसी में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की पहल भी अहम रही। अल ईजरा टूर एंड ट्रैवल्स के संचालक मोहम्मद आसिफ समीर के मुताबिक, उड़ानें रद्द होने के बाद सबसे बड़ी चुनौती यात्रियों को किसी दूसरे देश के रास्ते भारत लाने की थी। इनमें अधिकांश बुजुर्ग महिला और पुरुष थे। ऐसे में उनके रहने, खाने और सुरक्षा की व्यवस्था करना भी जरूरी था। वीजा की अड़चन आई तो मुख्यमंत्री से मांगी मदद समीर ने इस समस्या को अपने साथी और जिला वक्फ बोर्ड के सचिव साजिद रॉयल के सामने रखा। इसके बाद मामला वक्फ बोर्ड के प्रदेश अध्यक्ष सन्नवर पटेल तक पहुंचा। पटेल ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को यात्रियों की परेशानी बताई। इसके बाद मुख्यमंत्री ने विदेश मंत्रालय से संपर्क कर वैकल्पिक रास्ते से यात्रियों की वापसी के लिए जरूरी मदद दिलाई। दूसरे देशों के रास्ते आने के लिए वीजा की व्यवस्था भी कराई गई। प्रति यात्री 50 हजार रुपए का अतिरिक्त खर्च, नहीं लिया अतिरिक्त पैसा समीर ने बताया कि यात्रियों की वापसी के लिए दुबई और बहरीन का रास्ता चुना गया। सभी यात्री पहले मुंबई पहुंचे और वहां से गुरुवार सुबह इंदौर आए। इस पूरी प्रक्रिया में प्रति यात्री करीब 50 हजार रुपए का अतिरिक्त खर्च आया, लेकिन टूर ऑपरेटर ने यात्रियों से कोई अतिरिक्त राशि नहीं ली। अतिरिक्त दिनों के दौरान उनके रहने और खाने की व्यवस्था भी जारी रखी गई। गोलाबारी की खबरों से डरे थे यात्री वापस लौटे यात्रियों ने बताया कि युद्ध और गोलाबारी की खबरों के बीच वहां लगातार तनाव का माहौल था। उन्हें चिंता थी कि सुरक्षित घर लौट पाएंगे या नहीं। करीब 10 दिन तक अनिश्चितता के बीच रहने के बाद जब इंदौर पहुंचकर परिवार के सदस्यों से मुलाकात हुई तो कई लोग भावुक हो गए। यात्रियों ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, सन्नवर पटेल और टूर ऑपरेटर मोहम्मद आसिफ समीर का आभार जताया।
लखीमपुर-खीरी के दुधवा टाइगर रिजर्व में 25 राजकीय हाथियों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। चार और पांच नवंबर को दक्षिण सोनारीपुर रेंज के सलूकापुर राजकीय हाथी कैंप में दो दिवसीय शिविर लगा। विशेषज्ञों ने हाथियों के स्वास्थ्य और संभावित संक्रमण की जांच की। उप निदेशक जगदीश आर. के निर्देशन में हुए शिविर में भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान (आईवीआरआई), बरेली और असम के वन्यजीव चिकित्सा विशेषज्ञ शामिल हुए। आईवीआरआई के प्रधान वैज्ञानिक और सीडब्ल्यूएल के इंचार्ज डॉ. एएम पावड़े, वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. अखिलेश कुमार और असम के वन्यजीव विशेषज्ञ डॉ. खनिन चांगमई ने हाथियों की जांच की। उप प्रभागीय वनाधिकारी बेलरायां दीपक पाण्डेय भी मौजूद रहे। सलूकापुर हाथी कैंप में 23 और दुधवा पर्यटन परिसर में दो हाथियों का परीक्षण किया गया। पहले दिन विशेषज्ञों ने हाथियों की शारीरिक स्थिति, स्वास्थ्य के लक्षण और रोज की गतिविधियां देखीं। दूसरे दिन गोबर के नमूने लेकर संभावित संक्रमण और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं की जांच की गई। जांच के आधार पर विशेषज्ञों ने इलाज और दवाओं के इस्तेमाल को लेकर सलाह दी। हाथियों की देखभाल करने वाले महावतों और चाराकटरों से उनके खानपान, व्यवहार और दिनचर्या की जानकारी भी ली गई। दुधवा की वेटरनरी टीम के वन्यजीव चिकित्सक डॉ. मुहम्मद तलहा और फार्मासिस्ट संदीप कुमार ने हाथियों के स्वास्थ्य से जुड़ी जानकारी विशेषज्ञों को दी। दुधवा के राजकीय हाथी वन्यजीव संरक्षण और प्रबंधन में काम आते हैं। पर्यटन के अलावा उनका इस्तेमाल गैंडा मॉनीटरिंग, जंगल में गश्त, वन्यजीवों की निगरानी और आपातकालीन रेस्क्यू में किया जाता है। वन विभाग के मुताबिक, नियमित स्वास्थ्य जांच और विशेषज्ञों की निगरानी से बीमारियों की समय रहते पहचान और रोकथाम में मदद मिलेगी।
प्रयागराज के नवाबगंज स्थित बरईपुर रामनगर गांव में तीन नीले ड्रमों में छिपाकर रखे गए 3.20 करोड़ रुपये की बरामदगी के मामले में अब चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। पुलिस की पूछताछ में आरोपी राकेश यादव उर्फ महाकाल ने बताया है कि वह पुणे की मार्शल नाम की फाइनेंस कंपनी में काम करता था। उसके पास से बरामद हुई करोड़ों की रकम भी उसी कंपनी की थी, जिसे लेकर वह प्रयागराज आ गया था। इसके बाद कंपनी का कार्यालय भी बंद हो गया। इस खुलासे के बाद प्रयागराज पुलिस ने मामले की जानकारी पुणे पुलिस कमिश्नर को भेजी है और वहां की पुलिस से अपने स्तर पर जांच करने का अनुरोध किया है। बैंक में जमा कराई कई है रकमइधर, बरामद 3 करोड़ 20 लाख 93 हजार रुपये को आयकर विभाग के माध्यम से बैंक में जमा करा दिया गया है। अब इस रकम के स्रोत, लेनदेन और इसके पीछे की पूरी कहानी की पड़ताल आयकर विभाग कर रहा है। डीसीपी गंगानगर सोनम कुमार ने बताया कि पुणे पुलिस कमिश्नर को रिपोर्ट भेजी गई है। मामले की विस्तृत जांच आयकर विभाग की ओर से की जा रही है। जांच के बाद आगे की कार्रवाई भी उसी स्तर से होगी। पुणे में कंपनी की नौकरी, गांव में करोड़ों की नकदी!इस मामले में सबसे बड़ा सवाल यही है कि पुणे में एक फाइनेंस कंपनी में काम करने वाला राकेश आखिर इतनी बड़ी रकम लेकर प्रयागराज क्यों आया? पुलिस पूछताछ में उसने रकम को कंपनी का बताया है। अगर उसका दावा सही है तो कंपनी की इतनी बड़ी रकम उसके पास कैसे आई और उसे लेकर वह अपने गांव तक कैसे पहुंचा? कंपनी का कार्यालय बंद होने के पीछे क्या वजह थी? इन सवालों का जवाब अब पुणे पुलिस की जांच से मिल सकता है। प्रयागराज पुलिस ने अपनी रिपोर्ट में पुणे पुलिस से आरोपी के दावे और कंपनी से जुड़े तथ्यों की जांच करने को कहा है। इससे अब इस मामले की जांच का दायरा प्रयागराज से पुणे तक पहुंच गया है। तीन ड्रमों में भरकर जमीन में छिपाए थे नोट21 अक्टूबार की शाम नवाबगंज पुलिस ने बरईपुर रामनगर गांव में राकेश यादव के घर छापा मारा था। कार्रवाई के दौरान घर के अंदर जमीन में दबाकर रखे गए तीन नीले ड्रम मिले थे। इनके ढक्कन बंद थे और अंदर 500-500 रुपये के नोटों की गड्डियां भरी हुई थीं। पुलिस ने जब ड्रमों से नकदी निकलवाकर गिनती कराई तो कुल 3 करोड़ 20 लाख 93 हजार रुपये मिले। इतनी बड़ी रकम घर के भीतर जमीन में छिपाकर रखने की बात सामने आते ही गांव में सनसनी फैल गई थी। मौके से सोने की ज्वेलरी मिलने की भी चर्चा हुई थी, हालांकि पुलिस ने इसकी पुष्टि नहीं की थी। छह साल में फर्श से अर्श का सफरकरोड़ों की नकदी मिलने के बाद गांव में राकेश और उसके परिवार की अचानक बढ़ी संपन्नता को लेकर भी सवाल उठने लगे थे। ग्रामीणों के मुताबिक, वर्ष 2020 में लॉकडाउन के दौरान राकेश के गांव लौटने के बाद परिवार की आर्थिक स्थिति तेजी से बदलने लगी थी। इससे पहले परिवार सामान्य आर्थिक स्थिति में था। ग्रामीणों का दावा है कि पुणे से लौटने के बाद राकेश ने सरिया-सीमेंट और डीजे का कारोबार शुरू किया। इसके बाद आसपास के इलाकों में जमीनों की खरीद शुरू हो गई। कुछ ही वर्षों में करीब 22 बीघा जमीन खरीदने की बात भी सामने आई। ग्रामीणों के मुताबिक, इस जमीन की कीमत 10 करोड़ रुपये से अधिक बताई जा रही है। इसके अलावा करीब एक करोड़ रुपये की लागत से मकान बनवाया गया। परिवार ने दो ट्रैक्टर, डीजे और पिकअप वाहन भी खरीदे। गांव में जब लोग परिवार की तेजी से बढ़ती संपन्नता को लेकर सवाल करते थे तो मजाकिया अंदाज में जवाब मिलता था- 'ऐसा ही समझ लो।' अब करोड़ों रुपये की नकदी बरामद होने और पुणे की फाइनेंस कंपनी से उसके संबंध का खुलासा होने के बाद ग्रामीणों के बीच पुरानी चर्चाएं फिर तेज हो गई हैं। अब आयकर विभाग खंगालेगा रकम का पूरा हिसाबपुलिस के मुताबिक, बरामद रकम को आयकर विभाग के माध्यम से बैंक में जमा करा दिया गया है। अब जांच में यह पता लगाया जाएगा कि रकम वास्तव में किसकी थी, इसका स्रोत क्या था और इसे इतने बड़े पैमाने पर नकद के रूप में क्यों रखा गया था। साथ ही पुणे की मार्शल फाइनेंस कंपनी से जुड़े दावों की भी जांच महत्वपूर्ण होगी।
महेंद्रगढ़ अनाज मंडी में बाजरे की खरीद के लिए प्रशासन ने गांवों के हिसाब से शेड्यूल जारी किया है। एसडीएम योगेश सैनी ने किसानों से तय दिन पर ही फसल मंडी लाने की अपील की है। एसडीएम योगेश सैनी ने बताया कि शुक्रवार, 6 नवंबर को खैरोली, निंबेहडा, खातीवास और मंडोला गांव के किसानों की बाजरे की फसल खरीदी जाएगी। शनिवार, 7 नवंबर को कुराहवटा, पालड़ी और माजरा कलां गांव के किसान फसल बेचने के लिए मंडी ला सकेंगे। एसडीएम बोले- निर्धारित गांवों के अलावा न आएं किसान उन्होंने कहा कि इन दिनों तय गांवों के अलावा दूसरे गांवों के किसान फसल लेकर मंडी न आएं। किसानों से अपने गांव के लिए तय दिन पर ही फसल लाने को कहा गया है, ताकि मंडी में व्यवस्था बनी रहे और खरीद जारी रह सके। एसडीएम के मुताबिक, 8 और 9 नवंबर को महेंद्रगढ़ अनाज मंडी में बाजरे की फसल का उठान होगा। उन्होंने किसानों से जारी शेड्यूल का पालन करने की अपील की।
हरदा में गुरुवार शाम पूर्व मंत्री कमल पटेल के बयान के विरोध में कांग्रेस और NSUI से जुड़े नेताओं ने उनका पुतला जलाया। नारायण टॉकीज चौक पर प्रदर्शन के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच हल्की झूमाझटकी हुई। पुलिस ने पानी डालकर आग बुझाई। वहीं, भाजपा ने खातेगांव में थाना प्रभारी की हत्या के मामले में कार्रवाई की मांग को लेकर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन दिया। जनपद उपाध्यक्ष गौरीशंकर शर्मा ने कहा कि पूर्व मंत्री कमल पटेल ने हरदा जनपद के विधायक प्रतिनिधि राहुल पटेल को हत्यारा कहा और उन पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए। इसी के विरोध में पुतला जलाया गया। भाजपा ने शराब कांड में कार्रवाई की मांग की दूसरी ओर, भाजपा जिलाध्यक्ष राजेशसिंह वर्मा के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने डिप्टी कलेक्टर श्वेता बम्होरे को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। भाजपा ने खातेगांव में अवैध शराब से भरे ट्रक को रोकने पर थाना प्रभारी दिलीप पुरी गोस्वामी की कुचलकर हत्या के मामले में सभी आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने की मांग की। ज्ञापन में शराब के पूरे गिरोह की जांच करने और उससे जुड़े लोगों की संपत्ति जब्त कर नीलाम करने की मांग भी की गई। भाजपा ने टिमरनी निवासी कांग्रेस कार्यकर्ता राहुल जायसवाल के राजनीतिक संबंधों और उसे कथित तौर पर बचाने वाले नेताओं की जांच कराने को कहा। साथ ही शहीद थाना प्रभारी के परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की।
शहर को स्वच्छ, सुंदर और व्यवस्थित बनाने के लिए नगर निगम ने नागरिकों की भागीदारी के साथ एक व्यापक 5 सूत्रीय कार्ययोजना तैयार की है। इस योजना को जमीन पर उतारने के लिए मुख्य सभागार में निगमायुक्त सी. जयाश्रद्धा की अध्यक्षता में शहर की आरडब्ल्यूए, एनजीओ और पार्क समितियों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में निगमायुक्त ने स्पष्ट किया कि स्वच्छता अभियान को जनआंदोलन बनाकर ही शहर की तस्वीर बदली जा सकती है। उन्होंने संस्थाओं से आह्वान किया कि वे पहले चरण में 50 से 100 घरों का चयन कर वहां गीला और सूखा कचरा अलग-अलग (सेग्रीगेशन) रखना सुनिश्चित कराएं। इसके सफल परिणामों के बाद पूरे शहर में इसका विस्तार किया जाएगा। नगर निगम का स्वच्छता के 5 मुख्य सूत्र… स्टील के बर्तनों का करें इस्तेमाल: सीमा जिंदल बैठक के अंत में समाजसेवी सीमा जिंदल ने संस्थाओं से निगम का पूरा सहयोग करने की अपील की। उन्होंने सुझाव दिया कि शादी-ब्याह और भंडारे जैसे सामूहिक आयोजनों में सिंगल यूज प्लास्टिक या डिस्पोजल के बजाय स्टील के बर्तनों का प्रयोग अनिवार्य किया जाए। साथ ही, खरीदारी के दौरान कपड़े या जूट के थैलों का ही उपयोग करें। बैठक में ये रहे मौजूद अतिरिक्त आयुक्त डॉ. वेद प्रकाश, अतिरिक्त निगमायुक्त डॉ. प्रदीप हुड्डा, एक्सईएन अमित कौशिक, समाजसेवी सीमा जिंदल, जेई सुमित नुनाच, सीएसआई राजेश समेत विभिन्न आरडब्ल्यूए, एनजीओ और पार्क समितियों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
त्योहारों से पहले एटा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. इलामारन जी ने गुरुवार को पुलिस बल के साथ शहर के बाजारों में पैदल गश्त की। उन्होंने व्यापारियों से बात कर सुरक्षा का भरोसा दिया और प्रतिष्ठानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने के निर्देश दिए। शाम 4 बजकर 45 मिनट पर एसएसपी ने कोतवाली नगर इलाके के मुख्य बाजारों और सार्वजनिक जगहों का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था देखी और संदिग्ध लोगों की जांच कराई। उन्होंने सार्वजनिक जगहों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की स्थिति भी देखी और पुलिसकर्मियों को सुरक्षा के लिए जरूरी निर्देश दिए। एसएसपी ने सोशल मीडिया पर नजर रखने और अफवाह या झूठी जानकारी फैलाने वालों पर कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने लोगों से अपुष्ट जानकारी पर भरोसा न करने और उसे आगे न भेजने की अपील की। साथ ही त्योहार आपसी भाईचारे और सौहार्द के साथ मनाने को कहा। इसके बाद एसएसपी ने व्यापारियों से उनकी समस्याएं और सुरक्षा से जुड़े सुझाव सुने। उन्होंने कहा कि पुलिस बाजारों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने पुलिस और व्यापार मंडल के बीच बेहतर तालमेल पर भी जोर दिया। एसएसपी ने कहा कि पुलिस और व्यापारियों के सहयोग से बाजारों में सुरक्षित माहौल बनाया जा सकता है। इस दौरान कोतवाली नगर प्रभारी धर्मेंद्र पंवार सहित कई पुलिसकर्मी मौजूद रहे।
बेतिया के चनपटिया विधायक अभिषेक रंजन ने गुरुवार को विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न इलाकों का दौरा किया। उन्होंने चनपटिया नगर पंचायत के छठ घाटों का निरीक्षण कर पूजा की तैयारियों का जायजा लिया। विधायक ने अधिकारियों को श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए समय पर इंतजाम करने का निर्देश दिया। विधायक ने कार्यपालक पदाधिकारी हेमन कुमार से घाटों की सफाई, रोशनी, सुरक्षा और अन्य सुविधाओं को दुरुस्त रखने को कहा। उन्होंने चीनी मिल प्रबंधन से फोन पर बात कर छठ पूजा के दौरान छोआ (गंदा पानी) नहीं छोड़ने का निर्देश दिया। मौके पर नगर पंचायत उपाध्यक्ष सुनील कुमार, अध्यक्ष पति राजकिशोर प्रसाद और रवि कुमार समेत अन्य लोग मौजूद रहे। कुमारबाग स्टेडियम का भी किया निरीक्षण विधायक ने जिला खेल पदाधिकारी राकेश कुमार के साथ कुमारबाग रेलवे स्टेशन स्थित स्टेडियम का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने सफाई, मिट्टीकरण और अन्य जरूरी कामों की स्थिति देखी। विधायक ने खेल पदाधिकारी से लंबित कार्य जल्द पूरा कराने और इसकी जानकारी देने को कहा, ताकि क्षेत्र के खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें। पुलिस हिरासत में मृत दिलशाद के परिवार से मिले दौरे के दौरान विधायक अभिषेक रंजन अवरैया गांव पहुंचे और पुलिस हिरासत में मृत दिलशाद अंसारी के परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने परिवार को सांत्वना देते हुए हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया। न्याय की लड़ाई में साथ देने का भरोसा विधायक ने कहा कि पारिवारिक कारणों से वह पिछले एक महीने से क्षेत्र से बाहर थे। लौटने के बाद उन्होंने दिलशाद के परिजनों से मुलाकात की है। उन्होंने कहा कि न्याय मिलने तक वह पीड़ित परिवार के साथ मजबूती से खड़े रहेंगे और न्याय की लड़ाई में हरसंभव सहयोग करेंगे।
बांदा में बर्खास्त आईपीएस मणिलाल पाटीदार के खिलाफ भ्रष्टाचार के मामले में बृहस्पतिवार को विशेष अदालत में सुनवाई हुई। इस दौरान वादी रविकांत त्रिपाठी से करीब तीन घंटे तक जिरह की गई, लेकिन समय पूरा होने के कारण यह पूरी नहीं हो सकी। अदालत ने अगली सुनवाई के लिए 23 नवंबर की तारीख तय की है। सुनवाई के दौरान मणिलाल पाटीदार अदालत में पेश नहीं हुए। उनकी ओर से हाजिरी माफी का प्रार्थना पत्र दिया गया। वहीं, आरोपित दारोगा देवेंद्र शुक्ला, सुरेश सोनी और कांस्टेबल अजय अदालत पहुंचे और अपनी हाजिरी दर्ज कराई। तत्कालीन एसओ देवेंद्र शुक्ला के अधिवक्ता अशोक दीक्षित ने वादी रविकांत त्रिपाठी से जिरह की। अगली तारीख पर भी उनसे जिरह जारी रहेगी। क्रशर कारोबारी से छह लाख रुपए मांगने का आरोप यह मामला महोबा के क्रशर कारोबारी इंद्रकांत त्रिपाठी की मौत और उनसे कथित रिश्वत मांगने से जुड़ा है। आरोप है कि तत्कालीन एसपी मणिलाल पाटीदार ने क्रशर कारोबार चलाने के एवज में इंद्रकांत से हर महीने छह लाख रुपये मांगे थे। उन पर जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप है। इंद्रकांत ने 7 सितंबर 2020 को रिश्वत मांगने से संबंधित वीडियो प्रसारित किया था। इसके अगले दिन 8 सितंबर को उन्हें गोली लगी थी। 13 सितंबर 2020 को इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई थी। 2021 में दर्ज हुआ था भ्रष्टाचार का मुकदमा इंद्रकांत के भाई रविकांत त्रिपाठी की शिकायत पर मणिलाल पाटीदार और अन्य पुलिसकर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। इसके बाद 22 जुलाई 2021 को भ्रष्टाचार का मुकदमा दर्ज हुआ। मामले की सुनवाई पहले लखनऊ स्थित भ्रष्टाचार निवारण अदालत में चल रही थी। बाद में इसे बांदा स्थानांतरित कर दिया गया। मणिलाल पाटीदार पिछली दो सुनवाई की तारीखों 8 और 26 अक्टूबर को भी अदालत में पेश नहीं हुए थे। शासकीय अधिवक्ता सुशील तिवारी ने बताया कि मामले में वादी से जिरह जारी है।
जैतपुर थाना क्षेत्र के चरौहनडोल गांव में महिला 3 नवंबर से लापता थीं। परिजनों ने अगले दिन खेत के पास गड्ढे में शव देखा और पुलिस को सूचना दी। शुरुआती जांच में डूबने की आशंका है। खेत की ओर जाने के बाद नहीं लौटीं पुलिस के मुताबिक, बतासिया बाई के पति का नाम स्वर्गीय मत सिंह पाव था। 3 नवंबर को वह खेत की ओर गई थीं। शाम को उनका बेटा रामदुलारे मवेशी चराकर घर लौटा, तो मां घर पर नहीं मिलीं। परिजनों ने गांव, आसपास के इलाकों और रिश्तेदारों के यहां उनकी तलाश की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। अगले दिन सुबह करीब 9 बजे परिजन खेत की ओर पहुंचे। वहां पानी से भरे गड्ढे में बतासिया बाई का शव दिखाई दिया। इसके बाद जैतपुर पुलिस को सूचना दी गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से पता चलेगा मौत का कारण सूचना मिलने पर पुलिस घटनास्थल पर पहुंची। पंचनामा कार्रवाई के बाद शव गड्ढे से बाहर निकलवाया गया। शुरुआती जांच में पानी में डूबने से मौत की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, महिला की मौत किन हालात में हुई, यह अभी साफ नहीं है। मामले की जांच एएसआई रामनारायण पांडेय कर रहे हैं। थाना प्रभारी समीर खान ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत का कारण पता चलेगा। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है।
जीविका दीदियों ने गांव में रैली निकाली:नशे से दूर रहने की शपथ ली, एक महीने तक चलेगा जागरूकता अभियान
शेखपुरा जिले के हथियावां गांव में गुरुवार को जीविका दीदियों ने रैली निकाली और लोगों को नशे से दूर रहने के लिए जागरूक किया। यह कार्यक्रम बिहार को नशामुक्त बनाने के अभियान के तहत हुआ। सदर प्रखंड के गांव में सर्वोदय ग्राम्य संगठन ने कार्यक्रम आयोजित किया। कम्युनिटी मोबिलाइजर रूबी कुमारी के नेतृत्व में प्यारी देवी, किरण देवी, ममता देवी, रेणु देवी और अन्य जीविका दीदियों ने शपथ ली। छोटी फिल्में भी दिखाई जा रही महिलाओं ने शराब, सूखे नशे और धूम्रपान से दूर रहने की शपथ ली। उन्होंने अपने पति और बच्चों को भी नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करने का संकल्प लिया। अभियान एक महीने तक चलेगा। उत्पाद विभाग और सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के कलाकार लोगों को नशे के नुकसान के बारे में जागरूक कर रहे हैं। इसके लिए छोटी फिल्में भी दिखाई जा रही हैं। नशामुक्ति दिवस पर अभियान का समापन अगले चरण में जिले के सभी स्कूलों में अभियान चलाया जाएगा। छठ के दौरान घाटों पर बैनर और पोस्टर लगाए जाएंगे। 26 नवंबर को नशामुक्ति दिवस पर अभियान का समापन होगा।
आगरा में दीपावली के मद्देनजर शहर में बढ़ते प्रदूषण और गंदगी को देखते हुए नगर निगम प्रशासन ने सफाई व्यवस्था को चाक-चौबंद रखने के लिए विशेष अभियान शुरू किया है। शहर के प्रमुख बाजारों, सार्वजनिक स्थलों, वेस्ट टू वंडर पार्क, डिवाइडर, सेल्फी प्वाइंट, सड़कों और फुटपाथों की सफाई के साथ धुलाई कराई जा रही है। अभियान का उद्देश्य त्योहार के दौरान शहर को स्वच्छ रखने के साथ ही धूल और प्रदूषण पर नियंत्रण करना है। सुबह से शुरू हुआ अभियाननगर निगम की ओर से यह अभियान सुबह से लेकर बाजार खुलने से पहले तक चलाया जा रहा है, ताकि सफाई कार्य के दौरान व्यापारियों और आम नागरिकों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। प्रमुख बाजारों और व्यस्त मार्गों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। सड़कों और फुटपाथों पर जमी धूल को हटाने के साथ सार्वजनिक स्थलों की सफाई कराई जा रही है। डिवाइडर और सेल्फी प्वाइंट की धुलाई कर उन्हें साफ-सुथरा बनाया जा रहा है। नगर आयुक्त खुद संभाल रहे कमाननगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य स्वयं पूरे अभियान की कमान संभाले हुए हैं। सफाई व्यवस्था को प्रभावी बनाए रखने के लिए अधिकारियों को नियमित निरीक्षण करने और सफाई कार्य में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होने देने के निर्देश दिए गए हैं। नगर निगम के नोडल अधिकारी और नगर स्वास्थ्य अधिकारी लगातार क्षेत्रों का निरीक्षण कर रहे हैं। वे मौके पर मौजूद सफाई कर्मियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर रहे हैं, जिससे अभियान को व्यवस्थित तरीके से संचालित किया जा सके। स्मार्ट सिटी के कैमरों से भी निगरानीशहर की सफाई व्यवस्था पर नजर रखने के लिए स्मार्ट सिटी के कैमरों का भी सहारा लिया जा रहा है। कैमरों के माध्यम से प्रमुख मार्गों और सार्वजनिक स्थलों की निगरानी की जा रही है। अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि सफाई कार्य में कमी मिलने पर तत्काल सुधार कराया जाए। त्योहार के दौरान बाजारों में बढ़ने वाली भीड़ और कचरे को देखते हुए सफाई व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। नगर निगम प्रशासन का प्रयास है कि दीपावली के दौरान शहर के प्रमुख बाजारों और सार्वजनिक स्थलों पर स्वच्छता बनी रहे। इसके लिए सफाई कर्मियों को सुबह से ही मैदान में उतारा जा रहा है। सड़कों और फुटपाथों की धुलाई के साथ सार्वजनिक स्थलों की नियमित सफाई कराई जा रही है, जिससे शहरवासियों को स्वच्छ वातावरण मिल सके। नगर आयुक्त ने ये कहानगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य का कहना है, दीपावली के मद्देनजर शहर में सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। हमारा प्रयास है कि बाजार खुलने से पहले प्रमुख मार्गों, सार्वजनिक स्थलों और फुटपाथों की सफाई एवं धुलाई पूरी कर ली जाए। अधिकारियों को लगातार निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए हैं। स्मार्ट सिटी के कैमरों से भी सफाई व्यवस्था की निगरानी की जा रही है। त्योहार के दौरान शहर को स्वच्छ और साफ-सुथरा बनाए रखना नगर निगम की प्राथमिकता है।
कौशांबी में किशोरी का शव फंदे से लटका मिला:मां और बहन घर के निचले हिस्से में थीं, पुलिस जांच कर रही
कौशांबी के कोखराज थाना क्षेत्र के शिवपुर गांव में गुरुवार दोपहर करीब 2 बजे 17 साल की किशोरी का शव घर की दूसरी मंजिल के कमरे में फंदे से लटका मिला। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। मृतका की पहचान काजल (17), पुत्री स्वर्गीय शिवबली पटेल के रूप में हुई है। वह अहिरारा ग्राम पंचायत के मजरा शिवपुर में रहती थी। काफी देर तक नीचे नहीं आई तो देखने पहुंचीं मां-बहन घटना के समय काजल की मां अलका देवी और छोटी बहन आंचल घर के निचले हिस्से में थीं। काफी देर तक काजल नीचे नहीं आई तो दोनों उसे देखने दूसरी मंजिल पर पहुंचीं। कमरे में उसका शव छत के चुल्ले से बंधे दुपट्टे के सहारे लटका मिला। यह देखकर मां और बहन चीख पड़ीं। आवाज सुनकर आसपास के लोग भी मौके पर पहुंच गए। 2016 में हुई थी पिता की मौत काजल के पिता की वर्ष 2016 में मौत हो गई थी। उसकी मां मेहनत-मजदूरी कर दोनों बेटियों का पालन-पोषण कर रही थीं। काजल ने यह कदम क्यों उठाया, इसकी जानकारी परिजनों को नहीं है। सूचना पर पहुंची कोखराज पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से स्पष्ट होगी वजह थाना प्रभारी संतोष सिंह ने बताया कि पुलिस मामले की जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद घटना की वजह स्पष्ट हो पाएगी।
आगरा में इन दिनों बढ़ते प्रदूषण और मौसम में बदलाव के कारण दिल के मरीजों की संख्या बढ़ गई है। एसएन मेडिकल कॉलेज में हार्ट संबंधी शिकायत लेकर पहुंचने वाले मरीजों में करीब 15 से 20 प्रतिशत तक इजाफा हुआ है। मरीज सीने में दर्द और सांस फूलने की शिकायत लेकर अस्पताल पहुंच रहे हैं। दीपावली की सफाई के दौरान घरों में उड़ने वाली धूल, शहर में चल रहे निर्माण कार्य और बढ़ते प्रदूषण को इसकी प्रमुख वजह माना जा रहा है। वहीं दीपावली पर डायबिटीज के मरीजों को ज्यादा मिठाई खाने से बचने की सलाह दी गई है, क्योंकि ब्लड शुगर बढ़ने से दिल की बीमारियों और हार्ट अटैक का खतरा बढ़ सकता है। डॉक्टरों ने हार्ट के मरीजों को पटाखों के धुएं, तेज आवाज और तली-भुनी चीजों से दूर रहने की सलाह दी है। पहली बार सीने में दर्द की शिकायत लेकर भी पहुंच रहे मरीजएसएन मेडिकल कॉलेज के कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. सुशील के अनुसार, इन दिनों हार्ट संबंधी शिकायत लेकर पहुंचने वाले मरीजों की संख्या में करीब 15 से 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। मरीजों में सीने में दर्द और सांस फूलने जैसी समस्याएं सामने आ रही हैं। इनमें ऐसे मरीज भी शामिल हैं, जिन्हें पहले कभी सीने में दर्द की शिकायत नहीं हुई थी, लेकिन अब उन्हें अचानक यह परेशानी हो रही है। डॉ. सुशील ने बताया कि सांस फूलना भी कई बार दिल की बीमारी का संकेत हो सकता है। दिल की धमनियों में ब्लॉकेज होने पर हृदय की मांसपेशियों तक पर्याप्त खून और ऑक्सीजन नहीं पहुंच पाती। इससे दिल की कार्यक्षमता प्रभावित हो सकती है। कुछ मामलों में दिल के ठीक से खून पंप नहीं कर पाने के कारण फेफड़ों में तरल जमा होने लगता है, जिससे सांस लेने में परेशानी होती है। अचानक सांस फूलना हार्ट अटैक का भी लक्षण हो सकता है। इसलिए सीने में दर्द और सांस फूलने की शिकायत को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। पटाखों के धुएं और तेज आवाज से बचें हार्ट के मरीजडॉ. सुशील ने बताया कि जिन लोगों को पहले से दिल की बीमारी है, उन्हें दीपावली के दौरान खास सावधानी बरतनी चाहिए। पटाखों से निकलने वाला धुआं और तेज आवाज उनके लिए परेशानी बढ़ा सकते हैं। ऐसे मरीज पटाखों से दूरी बनाकर रखें। प्रदूषण के बीच बाहर निकलने पर मास्क का इस्तेमाल करें और अपनी नियमित दवाएं समय पर लेते रहें। डायबिटीज के मरीज ज्यादा मिठाई खाने से बचेंडॉक्टर ने डायबिटीज के मरीजों को दीपावली पर मिठाइयों का सेवन सीमित रखने की सलाह दी है। ज्यादा मिठाई खाने से ब्लड शुगर बढ़ सकती है। लंबे समय तक शुगर नियंत्रित नहीं रहने पर दिल की धमनियों को नुकसान पहुंच सकता है और हार्ट अटैक का जोखिम बढ़ सकता है। वहीं हार्ट के मरीजों को अधिक तेल और घी से बनी चीजों के साथ तली-भुनी चीजों से परहेज करना चाहिए। त्योहार के दौरान खानपान पर नियंत्रण रखना और नियमित दवाएं लेना जरूरी है। सीने में दर्द और सांस फूलने को न करें नजरअंदाजडॉक्टर ने सलाह दी कि अगर किसी को अचानक सीने में दर्द, सांस फूलने, ठंडा पसीना आने या बेचैनी की शिकायत हो तो इसे सामान्य परेशानी समझकर टालें नहीं। ऐसी स्थिति में तुरंत अस्पताल पहुंचें। खासकर पहले से हार्ट और डायबिटीज की बीमारी से जूझ रहे मरीज अपनी सेहत को लेकर अतिरिक्त सतर्कता बरतें।
अमरकंटक के कोटि तीर्थ घाट और गांधी कुंड में काई और कचरा जमा होने से श्रद्धालुओं को परेशानी हो रही है। पानी की सतह पर काई की मोटी परत जमी है और जगह-जगह कचरा तैर रहा है। कुंडों की सतह पर फिसलन के कारण स्नान करने वाले श्रद्धालुओं के गिरने का खतरा है। गंदगी देखकर कुछ श्रद्धालु कुंडों में स्नान करने से भी कतरा रहे हैं। नर्मदा के उद्गम स्थल के पास मौजूद इन दोनों कुंडों में सफाई नहीं होने से पानी की स्थिति खराब है। कोटि तीर्थ घाट को अमरकंटक का पहला नर्मदा स्नान कुंड माना जाता है। इसके पास ही गोमुख से नर्मदा की जलधारा बहती है। देखिए तीन तस्वीरें… स्नान के बाद खुजली होने की शिकायत महाराष्ट्र के पुणे और सतारा से नर्मदा परिक्रमा के लिए आए श्रद्धालुओं ने बताया कि उन्होंने नाक-कान बंद कर कुंड में स्नान किया। स्नान के बाद शरीर में खुजली जैसी महसूस हुई। उनके मुताबिक, पानी पर काई और कचरा जमा था। कुंड की सतह पर फिसलन के कारण वे गिरते-गिरते बचे। मंदिर ट्रस्ट से बात कर कराएंगे सफाई अमरकंटक के सीएमओ चैन सिंह परस्ते ने कहा कि मंदिर ट्रस्ट से बात करके कुंडों की सफाई कराई जाएगी। उन्होंने बताया कि हाल के दिनों में पर्व और व्रत के चलते स्नान और पूजा के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ रही। श्रद्धालुओं ने प्रशासन और मंदिर ट्रस्ट से कुंडों की नियमित सफाई और देखरेख की व्यवस्था करने की मांग की है। उनका कहना है कि पानी की सतह पर जमा काई और कचरा तत्काल हटाया जाए, ताकि बाहर से आने वाले श्रद्धालु स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण में स्नान कर सकें। कुंडों की स्वच्छता धार्मिक आस्था के साथ श्रद्धालुओं की सुरक्षा से भी जुड़ी है।
आरजेडी नेता तेजस्वी यादव ने आरएसएस को आतंकी संगठन घोषित करने की मांग कर दी है। उन्होंने अपने सोशल मीडिया पर एक फोटो पोस्ट किया, जिसमें दावा किया कि जिंदा कारतूसों के साथ गिरफ्तार आरोपी राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़े हैं।
रतलाम जिले के रावटी में प्रार्थना सभा की आड़ में आदिवासी ग्रामीणों पर ईसाई धर्म अपनाने का दबाव बनाने का आरोप है। पुलिस ने पति-पत्नी समेत तीन लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। ग्रामीणों के बयान और शिकायत के आधार पर मध्यप्रदेश धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम की धारा 5 के तहत कार्रवाई की है। आरोप है कि सभा में आने वाले लोगों से कहा जाता था कि ईसाई धर्म अपनाने से उनके सभी कष्ट दूर हो जाएंगे। मामला रावटी के स्टेशन रोड स्थित एक मकान का है। रविवार, 1 नवंबर को यहां प्रार्थना सभा के दौरान हिन्दू जागरण मंच कार्यकर्ता पहुंचे, उनका आरोप है कि मौके पर धर्मांतरण कराया जा रहा था। सूचना पर पहुंची पुलिस को मकान के एक कमरे में आदिवासी महिलाएं और बच्चे बैठे मिले। इसके बाद पुलिस ने वहां मौजूद लोगों के बयान दर्ज किए और मामले की जांच शुरू की। बीमारियों और कष्ट दूर होने की बात कहकर बुलायापुलिस के अनुसार, फरियादी शिवा रायकवार (21) निवासी रावटी ने शिकायत में बताया कि उसे ग्रामीणों से स्टेशन रोड स्थित मोहन के किराए के मकान में प्रार्थना सभा होने की जानकारी मिली थी। बताया गया था कि यहां शारीरिक बीमारियों और परेशानियों का निवारण किया जाता है। स्वास्थ्य संबंधी समस्या के चलते वह 1 नवंबर को दोपहर करीब 12 बजे सभा में पहुंचा था। चमत्कारिक पानी पिलाने का भी आरोपशिकायत के मुताबिक, सभा में करीब 25 से 30 महिलाएं, 5 से 7 बच्चे और 8 से 10 पुरुष मौजूद थे। वहां टीकमसिंह अमलियार (35) और उसकी पत्नी नंदीबाई (32) लोगों को ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रेरित कर रहे थे। आरोप है कि नंदीबाई ने केतली से एक चम्मच पानी पिलाया और उसे दैवीय प्रसाद व चमत्कारिक पानी बताया। इसे पीने के बाद फरियादी को घबराहट और चक्कर आने लगे। बाइबिल पढ़कर धर्म स्वीकार करने का दबाव बनाने का आरोपफरियादी ने आरोप लगाया कि पानी पिलाने के बाद नंदीबाई और वहां मौजूद अन्य महिलाओं ने बाइबिल का पाठ किया और ईसाई धर्म स्वीकार करने के लिए मनोवैज्ञानिक दबाव बनाया। घबराहट होने पर उसने अपने मित्र गजेंद्र सिंह राठौड़ को फोन कर जानकारी दी, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची। रावटी थाना प्रभारी मनीष डाबर ने बताया कि शिकायत और जांच के आधार पर टीकमसिंह अमलियार, उसकी पत्नी नंदीबाई और एक अन्य महिला के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। मामले की जांच जारी है।
शेखपुरा के अनुमंडल कार्यालय में गुरुवार को माता-पिता के भरण-पोषण से जुड़े वादों की सुनवाई हुई। एसडीएम प्रियंका कुमारी ने सुनवाई की अध्यक्षता की। कुल 27 वाद सूचीबद्ध थे, जिनमें 10 में वादी और प्रतिवादी उपस्थित हुए। सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों की बातें और समस्याएं सुनी गईं। मामलों में नियमानुसार सुनवाई की प्रक्रिया अपनाई गई। कई लोगों के वादों की भी सुनवाई सुनवाई में नरेश महतो बनाम राजेश कुमार, चिंता देवी बनाम राजकरण एवं अन्य, श्रीसाव बनाम मुकेश कुमार एवं अन्य, रामविलास चौधरी बनाम संजय चौधरी एवं अन्य और भोला सिंह बनाम सच्ची कुमारी के वाद शामिल थे। इसके अलावा चिंता देवी बनाम मंजू देवी, मंती देवी बनाम इंजु देवी, सौदागर दास बनाम राजकुमार दास एवं अन्य, छठू रजक बनाम प्रमोद रजक एवं अन्य और मो. अनवर बनाम इब्राहिम के वादों की भी सुनवाई हुई। ऐसे मामलों के प्रति संवेदनशील अनुमंडल प्रशासन प्रियंका कुमारी ने कहा कि माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों की देखभाल, सम्मान और सुरक्षा पारिवारिक दायित्व के साथ सामाजिक और नैतिक जिम्मेदारी भी है। उन्होंने कहा कि प्रशासन का प्रयास है कि हर पक्ष को निष्पक्ष सुनवाई का मौका मिले और वरिष्ठ नागरिकों के अधिकारों व सम्मान से समझौता न हो। उन्होंने कहा कि शेखपुरा अनुमंडल प्रशासन ऐसे मामलों के प्रति संवेदनशील है और वरिष्ठ नागरिकों को न्याय व संरक्षण देने के लिए प्रतिबद्ध है। प्रशासन ने बताया कि माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों से जुड़े वादों की नियमित सुनवाई की जा रही है, ताकि उनके विधिक अधिकार सुरक्षित रहें और उन्हें न्याय मिल सके।
जयपुर में सड़कों पर बुधवार देर रात तेज रफ्तार और लापरवाही से गाड़ी चलाने के दो मामले सामने आए। जगतपुरा के अक्षयपात्र इलाके में एक स्विफ्ट कार ड्राइवर ने तेज रफ्तार में कई गाड़ियों को टक्कर मार दी। घटना के बाद लोगों ने कार ड्राइवर को रोकने के लिए पीछा किया, लेकिन वह रिवर्स गियर में ही तेज गति से गाड़ी भगाकर फरार हो गया। लोगों ने रोकने की कोशिश की तो रिवर्स कर भागा स्विफ्ट कार ड्राइवर तेज गति से गाड़ी दौड़ाता रहा। इस दौरान कई गाड़ियों को टक्कर मार दी। इस पर आसपास मौजूद लोग कार को रोकने के लिए पीछे दौड़े। वहीं कुछ लोग पत्थर उठाकर ड्राइवर को रोकने की कोशिश करते भी नजर आए, लेकिन ड्राइवर गाड़ी तेज स्पीड में भगा ले गया। सूचना पर रामनगरिया थाना पुलिस मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी अनिल कुमार टेलर ने बताया- घटना सोमवार देर रात की है। कार के नंबर के आधार पर आरोपी ड्राइवर की पहचान कर ली गई है। उसके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। जगतपुरा में रेलवे मुख्यालय के पास स्कॉर्पियो की स्टंटबाजी वहीं दूसरी वारदात उत्तर-पश्चिम रेलवे मुख्यालय जगतपुरा पर हुई। स्कॉर्पियो सवार ड्राइवर ने यहां बुधवार देर रात सड़क पर स्टंटबाजी की। ड्राइवर की लापरवाही के चलते सड़क पर चल रहे कई वाहन दुर्घटनाग्रस्त होने से बाल-बाल बच गए। स्टंटबाजी का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
शाजापुर के सीएम राइज सांदीपनि स्कूल में गुरुवार को युवा संवाद कार्यक्रम हुआ। इसमें युवाओं ने सांसद, विधायक और एडीएम से लोकतंत्र, मतदान, सोशल मीडिया और संवैधानिक संस्थाओं से जुड़े सवाल पूछे। कार्यक्रम का आयोजन युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय के अंतर्गत मेरा युवा भारत, जिला शाजापुर ने किया। कार्यक्रम का विषय ‘आपका मत आपकी आवाज’ और ‘मतदान और भीड़तंत्र बनाम लोकतंत्र’ था। मुख्य अतिथि सांसद महेंद्र सिंह सोलंकी ने युवाओं से संवाद किया। विधायक अरुण भीमावद, भाजपा जिला अध्यक्ष रवि पांडे और एडीएम काशीराम बड़ोले विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए। विद्यालय के प्राचार्य डीसी सोनी ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। उप प्राचार्य सविता सोनी भी मौजूद रहीं। भीड़ के दबाव और सोशल मीडिया पर उठे सवाल युवाओं ने सांसद महेंद्र सिंह सोलंकी से पूछा कि भीड़ के दबाव और संवैधानिक संस्थाओं की मर्यादा के बीच संतुलन कैसे बनाया जा सकता है। उन्होंने यह भी सवाल किया कि सोशल मीडिया पर दिखने वाले जनसमर्थन को वास्तविक जनमत माना जा सकता है या नहीं। सांसद ने जवाब में लोकतंत्र में शांतिपूर्ण विरोध, अभिव्यक्ति की आजादी और संवैधानिक मर्यादाओं के महत्व के बारे में बताया। दूसरे शहरों में रहने वाले युवाओं के मतदान पर चर्चा भाजपा जिला अध्यक्ष रवि पांडे से युवाओं ने पूछा कि पढ़ाई और रोजगार के लिए दूसरे शहरों में रहने वाले युवा अपने मताधिकार और मतदाता सूची में सही पंजीकरण कैसे सुनिश्चित करें। उन्होंने मतदाता जागरूकता और लोकतांत्रिक प्रक्रिया में युवाओं की भागीदारी को जरूरी बताया। विधायक अरुण भीमावद से सोशल मीडिया पर सक्रिय युवाओं की मतदान और स्थानीय लोकतांत्रिक गतिविधियों में भागीदारी बढ़ाने को लेकर सवाल किया गया। उन्होंने युवाओं से सोशल मीडिया के साथ वास्तविक लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं में भी सक्रिय रहने को कहा। मतदाता सूची में नाम छूटने पर एडीएम ने दी जानकारी एडीएम काशीराम बड़ोले से पूछा गया कि मतदाता सूची में किसी पात्र नागरिक का नाम छूटने पर निर्वाचन आयोग और प्रशासन की क्या जिम्मेदारी होती है। उन्होंने सूची में नाम जुड़वाने, सुधार कराने, सत्यापन और इससे जुड़ी कानूनी प्रक्रियाओं की जानकारी दी।
सीवान में दीपावली और छठ पर लोगों की सेहत से खिलवाड़ करने वाले खाद्य कारोबारियों के खिलाफ सीवान में कार्रवाई जारी है। डीएम विजय प्रकाश मीणा के निर्देश पर ‘थाली शुद्ध होबे हमार, छठ-दीपावली’ अभियान के पांचवें दिन गुरुवार को पांच क्षेत्रों में खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच की गई। बसंतपुर, लकड़ी नबीगंज, दरौंदा, नगर पंचायत हसनपुरा और नगर पंचायत महाराजगंज में गठित टीमों ने होटल, रेस्टोरेंट, मिठाई दुकानों और छोटे खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच की। खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, साफ-सफाई और सुरक्षा मानकों का जायजा लिया गया। कारोबारियों को निर्धारित नियमों का पालन करने का निर्देश दिया गया। एक्सपायरी पेय पदार्थ और मिठाइयां नष्ट बसंतपुर में खाद्य संरक्षा पदाधिकारी डॉ. विपुल कुमार की टीम ने जांच के दौरान एक्सपायरी कोल्ड ड्रिंक, पानी की बोतलें और खराब मिठाइयां चिह्नित कीं। स्वास्थ्य के लिए अनुपयुक्त पाए गए खाद्य और पेय पदार्थों को मौके पर ही नष्ट कराया गया, ताकि उन्हें ग्राहकों को बेचा नहीं जा सके। लापरवाही पर होगी विभागीय कार्रवाई डॉ. विपुल कुमार ने कहा कि खाद्य सुरक्षा के मामले में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जांच में मिली कमियों और अनियमितताओं को विभागीय फॉर्मेट में दर्ज कर रिपोर्ट तैयार की जाएगी। इसके आधार पर नियमानुसार कार्रवाई होगी। उन्होंने कारोबारियों को एक्सपायरी और खराब गुणवत्ता वाले खाद्य पदार्थ नहीं बेचने तथा साफ-सफाई और भंडारण के मानकों का पालन करने की हिदायत दी। 7 नवंबर तक चलेगा विशेष अभियान डीएम के निर्देश पर जिले में 1 से 7 नवंबर तक विशेष खाद्य सुरक्षा जांच अभियान चलाया जा रहा है। इसके लिए मजिस्ट्रेट और खाद्य संरक्षा पदाधिकारियों की अलग-अलग टीमें बनाई गई हैं। अभियान का उद्देश्य पर्व के दौरान मिलावटी, एक्सपायरी और अस्वच्छ खाद्य पदार्थों की बिक्री रोकना और लोगों को सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना है।
भोपाल मास्टर प्लान-2047 के ड्राफ्ट पर आईं आपत्तियों पर 16 नवंबर से सुनवाई शुरू होगी। करीब 13 हजार आपत्तियों को ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों ही तरीकों से सुना जाएगा। गुरुवार को सांसद आलोक शर्मा समेत विधायक व अन्य जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में सुनवाई के संबंध में चर्चा की गई। 25 अक्टूबर तक आपत्तियां ली गई थीं। इस दौरान 16 हजार से ज्यादा आपत्तियां मिली। हालांकि, करीब 3 हजार आपत्तियां ऐसी थीं, जो एक से अधिक बार दी गई थी। यानी, किसी एक व्यक्ति ने ऑनलाइन आपत्ति भी दर्ज करा दी और ऑफलाइन भी दस्तावेज दे दिए। इसके चलते इन्हें हटा दिया गया। आपत्तियों की संख्या अब करीब 13 हजार हो गई हैं। इन्हीं की सुनवाई 16 नवंबर से होगी। कलेक्टोरेट में हुई बैठकमास्टर प्लान 2047 का ड्राफ्ट जारी होने के बाद नगर एवं ग्राम निवेश को जनता से प्राप्त हुईं आपत्तियां, दावे और सुझावों पर चर्चा के लिए कलेक्टोरेट में बैठक हुई। इसमें आपत्तियों पर सुनवाई 16 नवंबर से करने का निर्णय लिया। अब विभागीय अधिकारी पूरा शेड्यूल बना रहे हैं। ताकि, साफ हो सके कि कब-कहां की आपत्तियों की सुनवाई की जाएगी। बैठक में सासंद आलोक शर्मा, विधायक भगवानदास सबनानी, महापौर मालती राय, एडीएम प्रकाश नायक, संयुक्त संचालक नगर एवं ग्राम निवेश आनंद मोहन लिखार सहित ग्रामीण अंचलों से आए सरपंच एवं अधिकारी मौजूद थे। BIZ-1 और BIZ-2 जोन हटाने की मांगकिसान चाहते हैं कि उनकी कृषि भूमि का उपयोग खेती के लिए ही सुरक्षित रखा जाए। अनोखी सिंह पटेल के मुताबिक, किसानों के पास आजीविका का प्रमुख साधन खेती है। इसलिए उन्होंने भोजताल संरक्षण जोन-1 (BIZ-1) और जोन-2 (BIZ-2) को हटाने और कृषि भूमि का लैंडयूज कृषि ही रखने की मांग की है। इसे लेकर उन्होंने आपत्तियां भी दर्ज कराई हैं। किसान भविष्य को लेकर चिंतितकिसानों का आरोप है कि मौजूदा ड्राफ्ट में बड़ा तालाब के आसपास की कृषि भूमि के भू-उपयोग में बदलाव का प्रस्ताव किया गया है। इसी वजह से किसान अपनी जमीन के भविष्य को लेकर चिंतित हैं। स्लाइड के जरिए समझे भोपाल का मास्टर प्लान यह खबरें भी पढ़िए… भोपाल के मास्टर प्लान-2047 से किसान और व्यापारी नाराज भोपाल मास्टर प्लान-2047 के ड्राफ्ट के विरोध में शुक्रवार को बड़ी संख्या में किसान शाहपुरा स्थित टीएनसीपी दफ्तर पहुंचे। भारतीय किसान संघ के बैनर तले पहुंचे किसानों ने उपसंचालक हरिओम महेश्वरी को आपत्तियां सौंपीं। पढ़ें पूरी खबर… मिसरोद के रहवासियों ने 45 मीटर सड़क हटाने की मांग उठाई भोपाल विकास योजना-2047 के नए ड्राफ्ट को लेकर किसानों और स्थानीय रहवासियों ने विरोध जताते हुए आपत्तियां उठाईं। मुगालिया छाप के किसान कृषि भूमि को रिवरफ्रंट, फॉरेस्ट, ग्रीन बेल्ट और अन्य आरक्षित श्रेणियों में शामिल किए जाने के विरोध में पैदल मार्च कर भोपाल पहुंचे। पढ़ें पूरी खबर…
दरभंगा जिले के सकतपुर थाना क्षेत्र में गुरुवार को एक एएसआई को गोली मार दी गई। सकतपुर थाना में तैनात एएसआई रणधीर कुमार को उजान गांव के पास बाएं पैर में घुटने के नीचे गोली लगी। गोली पैर को आर-पार कर गई। घटना के बाद पुलिसकर्मियों ने उन्हें तत्काल नजदीकी अस्पताल पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए डीएमसीएच रेफर कर दिया गया। फिलहाल डीएमसीएच के इमरजेंसी वार्ड में उनका इलाज चल रहा है। घायल एएसआई की उम्र करीब 36 वर्ष बताई जा रही है। वह पटना जिले के नौबतपुर के रहने वाले हैं। घटना की सूचना मिलते ही एसएसपी जगुनाथरड्डी जलरड्डी घटनास्थल पर पहुंचे और जांच शुरू कर दी। एफएसएल टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए हैं। डीएमसीएच में भी घायल पुलिसकर्मी से संबंधित सैंपल एकत्र किए गए हैं। मारपीट की सूचना पर पुलिस टीम के साथ निकले थे प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, गुरुवार को सकतपुर थाना पुलिस को मारपीट की सूचना मिली थी। इसके सत्यापन और जरूरी कार्रवाई के लिए पुलिस टीम उजान गांव जा रही थी। टीम में एएसआई रणधीर कुमार भी शामिल थे। इसी दौरान रास्ते में वह शौचालय जाने के लिए पुलिस वाहन से उतरे और झाड़ी की ओर बढ़े। बताया जाता है कि तभी अचानक उनके पैर में गोली लग गई। गोली किसने और किस दिशा से चलाई, इसकी जानकारी फिलहाल स्पष्ट नहीं हो सकी है। गोली लगने के बाद एएसआई जमीन पर गिर पड़े। पुलिस टीम ने उन्हें तत्काल अस्पताल पहुंचाया। 900 लीटर शराब बरामदगी से जोड़कर जांच पुलिस इस घटना को करीब एक महीने पहले हुई शराब बरामदगी से जोड़कर भी जांच कर रही है। जानकारी के अनुसार, सकतपुर थाना पुलिस ने डाक पार्सल वाहन से लाई जा रही करीब 900 लीटर शराब बरामद की थी। आशंका जताई जा रही है कि शराब बरामदगी से जुड़े विवाद या रंजिश के कारण एएसआई को निशाना बनाया गया हो। हालांकि, पुलिस ने इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। जांच की जा रही है कि गोलीबारी के पीछे शराब कारोबारियों की संलिप्तता है या कोई दूसरी वजह। अस्पताल में अधिकारियों की टीम, तकनीकी जांच भी जारी घटना के बाद डीएमसीएच में भी पुलिस अधिकारियों की टीम पहुंची। डीआईयू डीएसपी अमित कुमार साहू घायल एएसआई से घटना के संबंध में पूछताछ कर रहे हैं। बेंता थानाध्यक्ष विनय मिश्रा समेत बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी अस्पताल और घटनास्थल पर मौजूद हैं। टेक्निकल सेल की टीम घायल एएसआई और अन्य लोगों से पूछताछ कर रही है। पुलिस आसपास के लोगों से जानकारी जुटाने के साथ घटनास्थल पर मिले साक्ष्यों और तकनीकी पहलुओं की जांच कर रही है। फिलहाल पुलिस हमलावरों की पहचान और गोलीबारी की वजह का पता लगाने में जुटी है। गोली किसने चलाई, कहां से चलाई, जांच की जा रही एसएसपी जगुनाथ रेड्डी जलारेड्डी ने बताया कि एएसआई रणधीर कुमार पुलिस टीम के साथ गश्ती पर निकले थे। उनके साथ अन्य पुलिसकर्मी भी मौजूद थे। इसी दौरान उजान गांव के पास आम के बगीचे में एएसआई गाड़ी से नीचे उतरे। तभी उन्हें गोली लग गई। गोली उनके घुटने के नीचे लगी है। उन्हें इलाज के लिए डीएमसीएच भेजा गया है। फिलहाल उनकी स्थिति खतरे से बाहर है। एसएसपी ने बताया कि गोली किसने चलाई, कहां से चलाई और इसके पीछे क्या वजह थी, इसकी जांच की जा रही है। करीब एक महीने पहले इसी इलाके में डाक पार्सल से बड़ी मात्रा में शराब बरामद हुई थी। इस घटना का उससे कोई संबंध होने के सवाल पर एसएसपी ने कहा कि यह अभी जांच का विषय है। पुलिस सभी बिंदुओं पर जांच कर रही है।
गौरेला थाना क्षेत्र में एक नवजात पुरुष शिशु की मौत के मामले में पुलिस ने मर्ग जांच के आधार पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ अपराध दर्ज किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि जन्म के बाद नवजात को महिला टॉयलेट के कमोड या फ्लश टैंक में छिपाकर छोड़ दिया गया था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का तरीका दम घुटना बताया गया है। फिलहाल पुलिस मामले की विवेचना कर रही है। मर्ग जांच में सामने आई गंभीर बात गौरेला थाने में पदस्थ सहायक उपनिरीक्षक ने मर्ग क्रमांक 96/26, धारा 194 बीएनएस के तहत अज्ञात नवजात पुरुष शिशु की मौत के मामले की जांच की। इस दौरान मर्ग पंचनामा कार्रवाई की गई, गवाहों के बयान दर्ज किए गए और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया गया। पुलिस के मुताबिक, जांच में पता चला कि नवजात के जन्म के बाद उसके माता-पिता या किसी अन्य व्यक्ति ने उसे महिला टॉयलेट के कमोड या फ्लश टैंक में छिपाकर छोड़ दिया था। इसके कारण उसकी मौत हो गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में दम घुटने की पुष्टि डॉक्टर पुष्पराज सिंह ने नवजात के शव का पोस्टमार्टम किया। रिपोर्ट में मौत का मुख्य कारण रेस्पिरेटरी डिस्ट्रेस सिंड्रोम यानी पल्मोनरी इमैच्योरिटी और पल्मोनरी सर्फेक्टेंट की कमी बताया गया है। वहीं, मौत का तरीका एस्फिक्सिया यानी दम घुटना दर्ज किया गया है। अज्ञात आरोपी के खिलाफ अपराध दर्ज चिकित्सकीय रिपोर्ट और घटनास्थल की परिस्थितियों के आधार पर प्रथम दृष्टया अपराध पाए जाने पर पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 91 और 94 के तहत अपराध पंजीबद्ध किया है। आरोपी की पहचान और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच की जा रही है।
पाकुड़ जिले में क्रशर प्लांटों से लूट के मामलों में पुलिस ने तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से मोबाइल, हसुआ, एक वाहन और लूटा गया सामान जब्त किया है। एसपी अनुदीप सिंह ने बताया कि आरोपियों ने लूट की बात स्वीकार की है। 24 अक्टूबर को हिरणपुर थाना क्षेत्र के आसानजोला में एक निजी कंपनी के क्रशर प्लांट में लूट हुई थी। आरोपियों ने नाइट गार्ड और मजदूरों को बंधक बनाकर क्रशर का सामान चुराया था। ग्राम महारो में बंद पड़े स्टोन क्रशर पर 8 से 10 लोग हसुआ, चाकू और लाठी लेकर पहुंचे थे। उन्होंने नाइट गार्ड को जान से मारने की धमकी देकर सामान लूट लिया। रद्दीपुर ओपी क्षेत्र के अंबियापहाड़ी और बलियापतरा के स्टोन क्रशर प्लांटों में भी गार्डों को बंधक बनाकर लूट की गई थी। इन सभी मामलों में केस दर्ज किए गए थे। मामलों की जांच के लिए पाकुड़ एसडीपीओ कुमार गौरव और महेशपुर एसडीपीओ विजय कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम बनाई गई। जांच में पुलिस को इन घटनाओं में एक अंतरराज्यीय गिरोह का हाथ होने का पता चला। छापेमारी कर एक सप्ताह के भीतर तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपियों में पश्चिम बंगाल के मालदा जिले के वैष्णवनगर थाना क्षेत्र के मोंडई गांव का मिथुन सरकार, जयरामपुर गांव का रिंकू शेख और मुर्शिदाबाद जिले के फरक्का थाना क्षेत्र के शिवनगर का नवी शेख शामिल हैं। पुलिस के मुताबिक, तीनों ने घटनाओं में शामिल होने की बात स्वीकार की है। मिथुन सरकार पर सात, रिंकू शेख पर पांच और नवी शेख पर आठ मामले दर्ज हैं। ये मामले पश्चिम बंगाल और झारखंड में दर्ज हैं। एसपी ने बताया कि चोरी किया गया सामान आरोपी कबाड़ की दुकानों पर बेच देते थे। एसपी ने कहा कि जिले में अवैध रूप से चल रही कबाड़ की दुकानों पर भी जरूरी कार्रवाई की जाएगी।
बिलासपुर जोन से जुड़ी जसीडीह-वास्को द गामा-जसीडीह एक्सप्रेस कुछ तारीखों पर हुब्बल्लि तक ही चलेगी। दक्षिण पश्चिम रेलवे के हुब्बल्लि मंडल के कैसल रॉक और कुलें सेक्शन में ट्रैक पर काम के लिए ब्लॉक लिया जा रहा है। रेलवे के मुताबिक, 7, 14, 21 और 28 दिसंबर 2026 के साथ 4, 11 और 18 जनवरी 2027 को जसीडीह से चलने वाली ट्रेन नंबर 17322 श्री सिद्धारुद्धा स्वामी जी हुब्बल्लि स्टेशन पर समाप्त होगी। हुब्बल्लि से वास्को द गामा के बीच यह ट्रेन नहीं चलेगी। इसी तरह, 4, 11, 18 और 25 दिसंबर 2026 के साथ 1, 8, 15 और 22 जनवरी 2027 को वास्को द गामा से चलने वाली ट्रेन नंबर 17321 वास्को द गामा के बजाय श्री सिद्धारुद्धा स्वामी जी हुब्बल्लि स्टेशन से तय समय पर रवाना होगी। वास्को द गामा से हुब्बल्लि के बीच यह ट्रेन नहीं चलेगी। रेल प्रशासन ने यात्रियों को होने वाली असुविधा के लिए खेद जताया है।
गोरखपुर के शाहपुर थाना क्षेत्र में गुरुवार दोपहर नगर निगम की डीसीएम गाड़ी ने सड़क पर जा रही एक महिला को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही महिला सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गई। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास के लोग जुट गए और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने तत्काल एंबुलेंस की मदद से महिला को एक कांस्टेबल के साथ जिला अस्पताल पहुंचाया। हालांकि, वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। मृतका की पहचान चिलुआताल थाना क्षेत्र के झुंगिया बाजार की रहने वाली अनीता (35) के रूप में हुई है। घटना गुरुवार दोपहर करीब 12:15 बजे असुरन चौराहे के सामने हुई। जानकारी के मुताबिक, नगर निगम की डीसीएम (UP53JT6008) कौव्वाबाग की तरफ से आ रही थी। इसी दौरान चौराहे के पास गाड़ी ने अनीता को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि वह सड़क पर गिर पड़ीं और गंभीर रूप से घायल हो गईं। चालक और डीसीएम पुलिस की हिरासत में हादसे की सूचना मिलते ही शाहपुर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने घायल महिला को तत्काल अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था की, लेकिन उनकी जान नहीं बचाई जा सकी। पुलिस ने हादसे में शामिल नगर निगम की डीसीएम और उसके चालक योगेंद्र यादव (31) को हिरासत में ले लिया है। पुलिस मामले में आगे की विधिक कार्रवाई कर रही है। परिवार को बीमा से मदद दिलाएगा नगर निगम हादसे को लेकर अपर नगर आयुक्त अतुल कुमार ने बताया कि नगर निगम की सभी गाड़ियों का बीमा कराया गया है। दुर्घटना के मामले में चालक के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। पीड़ित परिवार को बीमा कंपनी के माध्यम से आर्थिक सहायता दिलाई जाएगी। इसके अलावा परिवार के एक सदस्य को जीविका चलाने के लिए भी मदद उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाएगा।

