ऊपर Video पर क्लिक करें और देखें... आज यूपी की राजनीति और सरकारी विभागों की कौन सी बात खरी है… -------------- गुरुवार, 21 अक्टूबर का ''बात खरी है'' भी देखें- विधायक ने बताए पुलिस की रिश्वतखोरी के रेट:सपा में जाएंगे भाजपा के बागी MLC देवेंद्र सिंह; मंत्री ने सरकार के खिलाफ ठोंकी ताल बुधवार, 21 अक्टूबर का ''बात खरी है'' भी देखें- मॉडल के नखरों से परेशान हुई STF:अखिलेश से सब अकेले में मिलना चाहते हैं, MLA मैडम ने मिनटों में बनवाई सड़क मंगलवार, 20 अक्टूबर का ''बात खरी है'' भी देखें- मॉडल के 'श्रद्धा भाव' में निपटे IPS साहब:राजभर ने मांगी मंत्री निषाद की सीटें; सैफई का यादव जेल में होता तो क्या होता? सोमवार, 19 अक्टूबर का ''बात खरी है'' भी देखें- टिकट के लिए BJP विधायकों ने लगाई दौड़:अनुप्रिया पटेल का पेठा लुट गया, दरोगाजी प्रसाद बांटने को बेकरार -शनिवार, 17 अक्टूबर का ''बात खरी है'' भी देखें- मॉडल श्रद्धा डॉन की तरह पकड़ में नहीं आ रही:रवि किशन की जुबान सच हो गई, केशव को अखिलेश अब नहीं जानते -शुक्रवार, 16 अक्टूबर का ''बात खरी है'' भी देखें- बृजभूषण को पता चल गई इलॉन मस्क की हकीकत:केला-सेब लेकर दौड़े भाजपा विधायक, मॉडल श्रद्धा के वीडियो कौन जारी करा रहा? कल सुबह 6 बजे फिर होगी खरी-खरी बात…बने रहिए दैनिक भास्कर एप के साथ…
“रिलेशन मेरे साथ बनाए और अब शादी किसी और से कर लेगा…ऐसे कैसे मैं उसे किसी और से शादी करने दूंगी? कहता था तुम बालिग हो जाओगी, तो शादी कर लूंगा। मुझे या मेरे मां-पिता को कुछ हुआ, तो सिपाही मोहित यादव जिम्मेदार होगा।” ये कहना है गाजीपुर में सिपाही पर रेप का आरोप लगाने वाली वाली पीड़िता का। दैनिक भास्कर ने पीड़िता और सिपाही से फोन पर बातचीत की। लड़की का कहना है कि मुझ पर बयान बदलने का दबाव बनाया जा रहा है। सिपाही का आरोप है कि लड़की ने रैकेट बना रखा है। लोगों को फंसाने के बाद पैसे वसूलती है। जरूरी नहीं है कि वो लड़की है तो वही विक्टिम है। मेरी शादी होने वाली है। मैं बहुत प्रेशर में हूं। मामला दिलदार नगर थाना क्षेत्र का है। पढ़िए रिपोर्ट… पहले मामला समझिए… गाजीपुर में 17 साल की 10वीं की छात्रा ने सिपाही मोहित पर यौन शोषण का आरोप लगाया है। 20 अक्टूबर को छात्रा ने वीडियो जारी किया। आरोप लगाया कि सिपाही ने उसे शादी का झांसा दिया। होटल ले जाकर उसकी न्यूड तस्वीरें खींचीं और फिर ब्लैकमेल करने लगा। सिपाही ने उसे दूसरे लोगों के साथ संबंध बनाने के लिए भी भेजा। छात्रा ने कहा कि अब उसका परिवार भी उसका साथ नहीं दे रहा है। मैं मरता चाहती हूं। ट्रेन में हुई थी सिपाही से मुलाकात प्रतापगढ़ का रहने वाला मोहित यादव 2025 बैच का सिपाही है। उसकी पहली पोस्टिंग अप्रैल 2026 को गाजीपुर में हुई। इस समय गहमर थाने की भदौरा पुलिस चौकी पर उसकी तैनाती है। वह सरकारी क्वार्टर में रहता है। लड़की दिलदार नगर के एक गांव की रहने वाली है। चौकी से लड़की के घर की दूरी करीब 15 किमी है। छात्रा ने बताया- 3 मई 2026 को मैं अपनी बुआ के साथ लखनऊ घूमने गई थी। वहां से हावड़ा अमृतसर-एक्सप्रेस से वापस आ रही थी। बगल की सीट पर मोहित यादव भी बैठा था। मोहित ज्वाइनिंग के बाद पहली बार अपने घर प्रतापगढ़ गया था। छुट्टी के बाद घर से गाजीपुर लौट रहा था। ट्रेन में दोनों की बातचीत शुरू हुई। मोहित ने बताया कि मैं सिपाही हूं, मेरा नंबर ले लो। कभी जरूरत हो तो बताना। होटल में न्यूड फोटो-वीडियो बनाई छात्रा के मुताबिक, धीरे-धीरे मेरी मोहित से दोस्ती हो गई। वह प्यार की बातें करके शादी का झांसा देने लगा और उसे होटल ले जाने लगा। इसी दौरान उसने मेरी बिना कपड़ों की फोटो और वीडियो बना ली। मैं उसकी बातों में आ गई थी और उसकी हर बात मानने लगी थी। कुछ दिन बाद मोहित ने कहा कि मेरे माता-पिता शादी के लिए राजी नहीं होंगे। इसलिए हमें भविष्य के लिए पैसे कमाने होंगे। उसने कहा कि मैं जहां भेजे, वहां जाकर लोगों को अपने जाल में फंसाना होगा। जब वे संबंध बनाने के लिए तैयार हो जाएं, तो मिस कॉल मार देना। मेरे साथी पहुंचकर पकड़ लेगा। मैं उसकी बातों में आ गई। उसने अपने साथ-साथ कई लोगों से मेरा यौन शोषण करवाया। ये मुझे जहां भेजता था, मैं वहां जाती थी। एक डॉक्टर था, उसके पास भी इसने मुझे भेजा। इसके बाद ब्लैकमेल करने लगा। वो खुद लोगों के पास भेजता था और अब कह रहा है कि मैं सेक्स रैकेट चलाती हूं। घर वाले भी बदनामी के डर से खत्म करना चाह रहे मामला अब इसकी कहीं और शादी तय हो गई है। मुझसे संबंध बनाकर शादी किसी और से, ऐसे कैसे मैं करने दूंगी शादी किसी और से? प्यार मुझसे करे, संबंध मुझसे बनाए, सब कुछ मेरे साथ करे, शादी किसी और से कैसे कर लेगा? मुझसे कहता है कि पैसा ले लो 4 लाख, लेकिन मैं तुमसे शादी नहीं कर पाऊंगा।मेरे घर वाले बदनामी के डर से मामले को खत्म करना चाहते हैं। परिवार भी मेरा साथ नहीं दे रहा है। मैंने जब पुलिस से शिकायत की तो आज सुबह (22 अक्टूबर) को मुझे फोन किया। कह रहा था मैं तुमसे शादी करने के लिए रेडी हूं, तुम आ जाओ, जैसे शादी करनी है वैसे करो। तुम बालिग हो जाओगी तो मैं शादी कर लूंगा, बस तुम अपना बयान बदल दो, कह दो कि मेरे साथ यह कुछ नहीं किया है। जबकि सच तो ये है कि इसने मेरी मर्जी से और जबरन दोनो तरीके से रिलेशन बनाए हैं। मुझे न्याय चाहिए। सिपाही बोला- पहली बार ट्रेन में मदद की थी सिपाही मोहित यादव ने बताया- मैं घर से छुट्टी के बाद ट्रेन से गाजीपुर आ रहा था। इस लड़की का ट्रेन में कोई वीडियो बना रहा था। मैंने इससे कहा कि कोई तुम्हारा वीडियो बना रहा है। इसने कहा कि भैया डिलीट करवा दीजिए। मैंने उसे डांटकर वीडियो डिलीट कराया। मैं जब ट्रेन से उतर रहा था तो ये लड़की बोली कि अपना नंबर दे दीजिए। आप नजदीकी थाने के हैं, कभी काम पड़ेगा तो फोन करूंगी। मैंने कहा- ठीक है, ले लो। इसने फिर मुझे कॉल किया। हमारी नॉर्मल बातें होने लगीं। अब ये बढ़ा-चढ़ाकर बातें बना रही है। हां, मैं इससे मिलता था। साथ घूमते-फिरते थे, लेकिन जो आरोप वो लगा रही है वैसा कुछ नहीं हुआ। पिता ट्रक ड्राइवर, मुझे सरकारी नौकरी वाला बताया सिपाही ने आरोप लगाया कि यह लड़की और भी कई लोगों से मिलती है। अगर इसकी सीडीआर निकाली जाएगी तो सब कुछ मिलेगा। पहले मुझसे कहती थी कि बालिग है। अब खुद को नाबालिग बता रही है। कहती थी कि पापा गर्वंमेंट जॉब में हैं, मुझे पैसे की जरूरत नहीं है। जबकि इसके पापा ट्रक चलाते हैं। ये लड़की रैकेट लगा कर सभी को फंसाती है। उसके बाद पैसे ऐंठती है। कई लोग इसके जाल में फंसे हुए हैं। वो लड़की है तो वही विक्टिम होगी ऐसा जरूरी नहीं है। मेरी शादी होने वाली है। इन सब चक्कर में टूट न जाए। मैं खुद बहुत ज्यादा प्रेशर में हूं। पीड़िता बोली- न्याय के लिए भटकना पड़ रहा 5 अक्टूबर को पहली बार छात्रा एसपी विनय कुमार सिंह के पास शिकायत लेकर गई थी। आरोप है कि वहां सुनवाई नहीं हुई। 17 अक्टूबर को जमानिया के सीओ अंकित तिवारी के पास गई, जहां उसका बयान दर्ज किया गया। वहां से लौटते समय सिपाही ने बयान बदलने का दबाव बनाया और जबरन एक कागज पर साइन करवा लिए। 20 अक्टूबर को लड़की ने एक वीडियो जारी करके कार्रवाई की मांग की। जमानिया सीओ अंकित तिवारी ने बताया सिपाही के खिलाफ मिली शिकायत पर विभागीय जांच चल रही है। जो भी निकलकर सामने आएगा, उसी आधार पर आगे कार्रवाई की जाएगी। ----------------- यह खबर भी पढ़ें… मॉडल श्रद्धा दुबे को लेकर STF लखनऊ रवाना:नागपुर कोर्ट से 72 घंटे की ट्रांजिट रिमांड मिली; मददगार आमिर भी गिरफ्तार यूपी STF को नागपुर जिला कोर्ट से श्रद्धा दुबे, उसकी बहन रश्मि दुबे और ड्राइवर दानिश की 72 घंटे की ट्रांजिट रिमांड मिल गई है। STF बुधवार शाम को कार से तीनों आरोपियों को लेकर नागपुर से लखनऊ के लिए रवाना हो गई है। पहले श्रद्धा दुबे को फ्लाइट से लाने की तैयारी थी, लेकिन लखनऊ के लिए सीधे फ्लाइट नहीं थी। इसलिए प्लान में बदलाव किया गया। पढ़ें पूरी खबर…
फिर नया प्लान ...:74 बंगला से चार इमली तक बनेंगे 23 मंजिला टॉवर
शहर के सबसे हरे-भरे आवासीय इलाकों शिवाजी नगर, तुलसी नगर, चार इमली और 74 बंगले की तस्वीर बदलने की तैयारी है। हाउसिंग बोर्ड ने इन इलाकों के 4,537 सरकारी मकानों के रीडेवलपमेंट का नया प्लान तैयार किया है। पुराने क्वार्टरों की जगह 75 मीटर यानी करीब 23 मंजिल तक ऊंची इमारतें बनाने का प्रस्ताव है। पूरे इलाके को कछुए के आकार में विकसित करने का कॉन्सेप्ट तैयार किया है। इसे ‘कूर्म मंडल’ या ‘टॉरटॉइज सिटी’ नाम दिया गया है। प्लान के मुताबिक करीब 500 एकड़ के पूरे इलाके में सिर्फ 30% जमीन पर निर्माण होगा। बाकी हिस्से में बड़े पार्क, हरियाली से घिरी सड़कें, पैदल रास्ते और खुली जगहें होंगी। मकसद बहुमंजिला इमारतों से जमीन का बेहतर उपयोग और हरियाली बढ़ाना है। अभी इस इलाके में करीब 40 हजार पेड़ हैं। इन पेड़ों को अधिकतम बचाते हुए विकास का प्रस्ताव है। 26 को साधिकार समिति में...12 जून को अपर मुख्य सचिव संजय दुबे की अध्यक्षता में हुई बैठक के 16 सुझावों के आधार पर प्लान तैयार किया गया। आगे विस्तृत योजना बनेगी। 26 अक्टूबर को मुख्य सचिव की अध्यक्षता वाली साधिकार समिति में इस पर चर्चा होगी। यूरोप के शहरों जैसा विकासहाउसिंग बोर्ड के चेयरमैन ओम जैन के मुताबिक सीएम की मंशानुरूप भोपाल को यूरोप के शहरों की तरह ऐसे डेवलप करना है, जहां हरियाली के बीच लोग रहें। इसी कॉन्सेप्ट पर यह प्लान बनाया है। जल्द सारी औपचारिकताएं पूरी कराएंगे। यह है कूर्म मंडल का कॉन्सेप्ट हिंदू मान्यता में भगवान विष्णु के दूसरे अवतार कूर्म यानी कछुए को स्थिरता, संतुलन और सुरक्षा का प्रतीक माना है। इसी कॉन्सेप्ट पर तैयार डिजाइन में कछुए का सिर शासन और नेतृत्व का प्रतीक होगा। कवच वाले हिस्से में आवासीय इमारतें और बीच में बड़ा पार्क होगा। अन्य हिस्सों में बाजार व जरूरी सुविधाएं होंगी। बड़ा आकर्षण... सेंट्रल पार्क, चारों ओर हाईराइज बिल्डिंगमुख्य आकर्षण बीच में बनने वाला सेंट्रल पार्क होगा। इसके चारों ओर हाईराइज रेसीडेंशियल भवन होंगे। लिंक रोड नंबर 1, 2 और 3 के आसपास ग्रीन कॉरिडोर विकसित होगा। मेन रोड के किनारे बाजार और दुकानों के लिए जगह होगी। मौजूदा स्कूल, अस्पताल, निगम मुख्यालय और दूसरे प्रमुख भवनों को बनाए रखते हुए आसपास विकास होगा। टीओडी... यानी हर सुविधा वॉ़किंग डिस्टेंस पर मिलेगीयह प्लान ट्रांजिट ओरिएंटेड डेवलपमेंट (टीओडी) के आधार पर बनाया है। लोगों को स्कूल, अस्पताल, बाजार व अन्य सुविधाओं के लिए लंबी दूरी तय न करनी पड़े। पैदल रास्तों और साइकिल ट्रैक के साथ मेट्रो-इलेक्ट्रिक बसों की सुविधा को भी जोड़ा जाएगा। प्राकृतिक ढलान के अनुसार छोटे तालाब और पोखर विकसित करने की योजना भी है। तीन चरणों में होगा विकास हाउसिंग बोर्ड के अधिकारियों के अनुसार शहर के बीच इस पूरे इलाके का विकास 3 चरणों में प्रस्तावित है। फिलहाल यह शुरुआती प्लान है। आगे इसकी विस्तृत योजना बनाई जाएगी। 9 साल में 3 योजनाएं रुकीं, अब चौथी पर कोशिश... 2017 : स्मार्ट सिटी का विरोध। शिवाजी नगर और तुलसी नगर को एबीडी एरिया में शामिल कर नए सिरे से बसाने की योजना स्थानीय विरोध के कारण आगे नहीं बढ़ी। 2022 : चार इमली का प्लान रुका। 178 बंगले तोड़कर 20 इमारतों में 218 फ्लैट और 3 हेक्टेयर में प्लॉट-बंगले बेचने का प्रस्ताव था। तत्कालीन सीएस इकबाल सिंह बैस की मौजूदगी में समिति ने पर्यावरणीय नुकसान की आशंका पर इसे रोका। 2024 : शिवाजी-तुलसी नगर में 29 हजार पेड़ों पर खतरे का खुलासा। मंत्रियों के नए बंगलों की योजना का भास्कर ने खुलासा किया। विरोध के बाद योजना रुकी।
MLC चुनाव के लिए 15 केंद्रों पर मतदान आज:मथुरा में 17363 मतदाता करेंगे मतदान, DM बोले- वोट आपकी ताकत
मथुरा में उत्तर प्रदेश विधान परिषद के आगरा खंड स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के द्विवार्षिक चुनाव के लिए आज मतदान होगा। जिले में 15 मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जहां 17,363 मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। शांतिपूर्ण मतदान के लिए 7 जोनल और 17 सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं। इसके अलावा 41 माइक्रो ऑब्जर्वर भी लगाए गए हैं। मथुरा शहर में 3, वृंदावन में 1 और देहात क्षेत्र में 11 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। इन केंद्रों पर स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के लिए 19-19 मतदेय स्थल निर्धारित किए गए हैं। अधिकारियों की मौजूदगी में रवाना हुईं पोलिंग पार्टियां एमएलसी चुनाव के लिए मंडलायुक्त नगेन्द्र प्रताप, जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार की मौजूदगी में पोलिंग पार्टियों को रवाना किया गया। मतदान कर्मियों को मतपेटियां और जरूरी चुनाव सामग्री उपलब्ध कराई गई। इसके बाद सभी पोलिंग पार्टियां अपने निर्धारित मतदान केंद्रों के लिए रवाना हो गईं। शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में 6,694 मतदाता 6 जनवरी 2026 को प्रकाशित मतदाता सूची के अनुसार, खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में कुल 6,694 मतदाता हैं। इनमें 4,315 पुरुष और 2,379 महिला मतदाता शामिल हैं। वहीं, खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में कुल 10,669 मतदाता हैं। इनमें 7,175 पुरुष और 3,494 महिला मतदाता हैं। दोनों निर्वाचन क्षेत्रों को मिलाकर जिले में कुल 17,363 मतदाता मतदान करेंगे। DM ने की ज्यादा से ज्यादा मतदान की अपील जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह ने सभी स्नातक और शिक्षक मतदाताओं से मतदान करने की अपील की। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र के इस महापर्व में सक्रिय भागीदारी निभाएं और लोकतंत्र को मजबूत बनाने में योगदान दें। उन्होंने कहा, “आपका वोट, आपकी ताकत है।” डीएम ने मतदाताओं से अधिक से अधिक संख्या में मतदान करने की अपील की। वोट डालने के लिए पहचान पत्र जरूरी जिलाधिकारी ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुसार, मतदान के दौरान प्रतिरूपण यानी किसी दूसरे व्यक्ति के नाम पर वोट डालने से रोकने के लिए पहचान पत्र दिखाना जरूरी होगा। जिन मतदाताओं को मतदाता फोटो पहचान पत्र जारी किया गया है, उन्हें मतदान से पहले इसे प्रस्तुत करना होगा। यदि कोई मतदाता अपना मतदाता फोटो पहचान पत्र प्रस्तुत नहीं कर पाता है, तो वह अपनी पहचान साबित करने के लिए आयोग द्वारा निर्धारित वैकल्पिक दस्तावेजों में से कोई एक दिखा सकता है। इनमें आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड, भारतीय पासपोर्ट, सरकारी या निजी औद्योगिक प्रतिष्ठानों की ओर से कर्मचारियों को जारी सेवा पहचान पत्र, सांसदों-विधायकों और पार्षदों को जारी सरकारी पहचान पत्र शामिल हैं। इसके अलावा संबंधित शिक्षक या स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के मतदाता को शैक्षिक संस्थान की ओर से जारी सेवा पहचान पत्र, विश्वविद्यालय की डिग्री या डिप्लोमा का मूल प्रमाण पत्र, सक्षम प्राधिकारी की ओर से जारी दिव्यांगता प्रमाण पत्र और सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय की ओर से जारी यूनिक डिसएबिलिटी आईडी (UDID) कार्ड भी वैकल्पिक दस्तावेज के रूप में मान्य होंगे।
लुधियाना के रायकोट में एक व्यक्ति दलित युवक को काम दिलाने के बहाने ले गया। व्यक्ति व उसके साथी ने युवक को नशा करवाया। नशे की हालत में उसके साथ कुकर्म किया और फिर उसके प्राइवेट पार्ट में लकड़ी का डंडा घुसा दिया। मिस्त्री ने युवक को धमकी दी कि अगर किसी को बताया तो उसे जान से मार देगा। युवक ने तीन दिन तक डर व शर्म के मारे घर में किसी को नहीं बताया। जब उसके प्राइवेट पार्ट में दर्द ज्यादा होने लगा तो युवक ने अपनी मां को बताया। मां युवक को अस्पताल ले गई और उसे दाखिल करवाया। युवक मानसिक तौर पर डरा हुआ था, जिसके कारण डॉक्टर ने कॉल के जरिए मनोचिकित्सक से काउंसलिंग भी करवाई। पुलिस ने अब 20 दिन बाद आरोपी नानक सिंह व उसके एक साथी के खिलाफ गंभीर धाराओं में देर रात पर्चा दर्ज किया है। मां ने बताई बेटे के साथ हुए दुष्कर्म की पूरी कहानी... बेहद डरा हुआ था मरीज सरकारी अस्पताल रायकोट की डाक्टर हरनूर कौर ने बताया कि हमारे पास मरीज आया था। मरीज उस समय सीरियस था और बेहद डरा हुआ था। मनोचिकित्सक से उसकी काउंसलिंग करवाई गई। 13 अक्टूबर को एमएलआर काट दी गई थी, लेकिन उस समय मरीज बयान देने लायक स्थिति में नहीं था। जब उसकी हालत में सुधार हुआ तो उसका बयान दर्ज करवाया गया और उचित ट्रीटमेंट दिया गया। आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज थाना सिटी रायकोट के एसएचओ सुरजीत सिंह ने बताया कि पीड़ित की मां की शिकायत और बयान के आधार पर आरोपी नानक सिंह (निवासी मोहल्ला मौलवियां) और एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर की गई है। एसएचओ ने बताया कि आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए पुलिस टीमों द्वारा लगातार छापेमारी की जा रही है और जल्द ही उन्हें काबू कर लिया जाएगा।
अखिलेश बोले- आजम हैं, आजम रहेंगे:रामपुर जेल में एक घंटे मुलाकात की; बाहर आए तो सवाल पर झल्लाए, VIDEO
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने गुरुवार को रामपुर जेल में आजम खान से मुलाकात की। मुलाकात के बाद अखिलेश ने कहा, “आजम थे, आजम हैं और आजम रहेंगे। फर्जी मुकदमों में इतनी ताकत नहीं कि उन्हें जेल में रख सकें।” पत्रकारों ने जब अखिलेश से पूछा कि आजम खान से मिलने आने में 11 महीने क्यों लग गए, तो वह भड़क गए। VIDEO देखिए…
लखनऊ में लिव-इन पार्टनर शिवा शर्मा की हत्या मामले में मॉडल श्रद्धा दुबे 10 दिन जेल में रहेगी। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश करेगी कि शिवा की मौत कैसे हुई? श्रद्धा की सच्चाई जानने के लिए दैनिक भास्कर ने उसके बचपन के दोस्तों से बात की। श्रद्धा के बचपन का एक दोस्त बताते हैं- वह चेहरे से बहुत मासूम दिखती है, लेकिन अंदर से उतनी ही शातिर रही है। जब क्लास- 9 में थी, उस वक्त उसके 3-4 बॉयफ्रेंड थे। वो हर रात इन लड़कों से फोन पर बात करती थी। कभी उन्हें भाव देती…कभी इग्नोर कर देती थी। लड़के उसके लिए कुछ भी करने को तैयार हो जाते थे। कई बार स्कूल में मारपीट भी हो गई। एक बार पूरे स्कूल में हल्ला तब मचा, जब उसके लिए एक लड़के ने जहर खा लिया था। वो हॉस्पिटल तक सही समय तक पहुंचा दिया गया, इसलिए बच गया था। सिर्फ यही एक घटना नहीं थी। इसके बाद 2 और लड़कों ने श्रद्धा के प्यार में जहर खाकर जान देने की कोशिश की थी। यह श्रद्धा की किस्मत थी कि उस वक्त कोई मरा नहीं था। वरना शिवा की तरह उन मौतों को भी वो जस्टिफाई कर रही होती। श्रद्धा के दोस्तों ने और क्या बताया, इस रिपोर्ट में पढ़िए…. दोस्त बोला- पढ़ाई में अच्छी नहीं, बात ठीक से करती थी श्रद्धा रायबरेली की रहने वाली है। उसकी शुरुआती स्कूलिंग रायबरेली के मालिकमऊ कॉलोनी स्थित मदर टेरेसा इंटर कॉलेज से हुई। क्लास- 7 में उसके साथ पढ़ने वाले एक दोस्त ने बताया- मैंने और श्रद्धा ने एक साथ 7वीं क्लास में एडमिशन लिया था। श्रद्धा उस वक्त और ज्यादा खूबसूरत दिखती थी। वो बातचीत में बहुत अच्छी थी। किसी तरह का कोई घमंड नहीं था। क्लास के ज्यादातर लड़के-लड़कियां उसके दोस्त थे। उस वक्त श्रद्धा पढ़ाई में बहुत अच्छी नहीं थी। कभी एग्जाम में किसी सब्जेक्ट में टॉप करने लायक नंबर नहीं पा सकी। ‘श्रद्धा के चक्कर में 3 लड़कों ने जहर खा लिया’ श्रद्धा के साथ 9वीं क्लास में पढ़ चुके दूसरे दोस्त ने बताया- वह की-पैड वाला मोबाइल लेकर स्कूल आती थी। स्कूल के कई लड़के उसे पसंद करते थे। जो लड़का श्रद्धा को पसंद आता, उसे वह अपना मोबाइल नंबर दे देती थी। स्कूल के लड़के रात-रातभर उससे फोन पर बात करते थे। फिर स्कूल आकर आपस में उसकी चर्चा करते थे। वो पूरे स्कूल में पॉपुलर लड़की थी। हालांकि, श्रद्धा किसी एक लड़के से लंबे टाइम तक बात नहीं करती थी। कुछ दिन बाद इग्नोर करने लगती थी। लड़के तो इसके बाद पागल जैसे हो जाते थे। इस चक्कर में अलग-अलग टाइम पर 3 लड़कों ने सुसाइड की कोशिश की थी। ‘श्रद्धा उन्हीं से दोस्ती करती, जो महंगी चॉकलेट देते’ श्रद्धा के दोस्त आगे बताते हैं- उसके प्यार में पागल एक लड़का अपने हाथ की नस काटने वाला था। दोस्तों के समझाने पर वह रुक गया। श्रद्धा की दोस्ती उन्हीं लोगों से ज्यादा रहती थी, जो उसे महंगी चॉकलेट गिफ्ट करते थे। स्कूल छुट्टी के वक्त दूसरे स्कूल के लड़के भी बाहर इकट्ठे होते थे, जिससे श्रद्धा को देख सके। उस वक्त कहार का अड्डा और गोरा बाजार तक के लड़कों ने रेंजर साइकिल खरीद ली थी। उसी से श्रद्धा के आगे-पीछे मंडराते रहते थे। ‘11वीं में एक लड़के के साथ मुंबई चली गई’ श्रद्धा के साथ पढ़ने वाले दोस्त ने बताया- मैंने 10वीं में आचार्य द्विवेदी स्कूल में एडमिशन ले लिया था। लेकिन, मदर टेरेसा स्कूल में क्या चल रहा है, उसकी पूरी जानकारी रखता था। क्योंकि, मेरे कई दोस्त उसी स्कूल में पढ़ाई कर रहे थे। श्रद्धा जब 11वीं में थी, तब वह स्कूल के ही एक दोस्त के भाई के साथ मुंबई चली गई थी। श्रद्धा मुंबई में करीब 20-25 दिन रही थी। इसके बाद घर लौट आई थी। श्रद्धा ने कहा था कि उस लड़के ने ने मुंबई में हीरोइन बनवाने का वादा किया था। श्रद्धा के दोस्त ने आगे कहा- उसके लिए कई बार स्कूल में लड़कों के बीच मारपीट तक हुई है। सभी उस पर अपना अधिकार दिखाने की कोशिश करते थे। लेकिन, श्रद्धा को इन लड़ाई-झगड़ों से कोई फर्क नहीं पड़ता था। जिससे उसकी थोड़ी भी अनबन होती, वह उसे छोड़ देती थी। उससे दोबारा बात नहीं करती थी। परिवार ने शादी की, श्रद्धा ने पति को छोड़ दिया 12वीं क्लास में पढ़ चुके दोस्त ने बताया- श्रद्धा के घरवाले उसकी इन हरकतों से वाकिफ थे। वे जब उसे समझाने की कोशिश करते, तो वह उनसे झगड़ पड़ती थी। इसीलिए श्रद्धा रायबरेली छोड़कर लखनऊ अपने एक रिश्तेदार के यहां रहने लगी। परिवार ने समझा-बुझाकर किसी तरह प्रतापगढ़ के लोकेश पांडेय से उसकी शादी करा दी। शादी रायबरेली में ही हुई थी। लोकेश हैदराबाद के एक आईटी कंपनी में काम करते थे। इसलिए श्रद्धा को लेकर वहां चले गए। वहां उसने फैशन और मॉडलिंग से जुड़ा कोर्स किया। इसी दौरान एक बेटे को जन्म दिया। बाद में दोनों के बीच विवाद होने लगा और अलग-अलग रहने लगे। तलाक के बाद श्रद्धा की लाइफ ने कैसे यू-टर्न लिया, अब ये जानिए… ----------------------------- यह खबर भी पढ़ें- श्रद्धा मुंबई जाकर हीरोइन बनना चाहती थी, म्यूजिक एल्बम शूट किया, एक्टिंग लोगों को पसंद नहीं आई; ‘पंटर’ मरने-मारने को रहते थे तैयार मॉडल श्रद्धा दुबे को लेकर रोज नए खुलासे हो रहे हैं। पुलिस श्रद्धा का बैकग्राउंड खंगाल रही है। सामने आया है कि बॉलीवुड में वह हीरोइन बनना चाहती थी। बड़े बैनर के लिए उत्तराखंड की लोकेशन पर एल्बम भी शूट किया गया था। मार्केट में आने के बाद एल्बम चला नहीं। फिल्मों में करियर नहीं बना, तो श्रद्धा अलग-अलग कंपनियों के ब्रांड के लिए मॉडलिंग करने लगी। पढ़िए पूरी रिपोर्ट…
मंत्री का विधानसभा में दावा:प्रदेश में 1 भी स्कूल जर्जर नहीं; सच्चाई- 5,770 अब भी बदहाल
सरकारी स्कूलों की बदहाली छुपाने के फेर में स्कूल शिक्षा विभाग ने विधानसभा में जो दावे किए, वे अब उसी के गले की फांस बनते दिख रहे हैं। दरअसल, फरवरी के बजट सत्र में एक सवाल के जवाब में स्कूल शिक्षा मंत्री राव उदय प्रताप सिंह ने बताया था कि प्रदेश के 5735 सरकारी स्कूल भवन जर्जर हैं। लेकिन महज पांच महीने बाद मानसून सत्र में उन्हीं ने दावा किया कि अब प्रदेश में एक भी सरकारी स्कूल जर्जर नहीं है। ऐसे में सवाल उठता है कि 5 महीने में विभाग ने ऐसा क्या जादू कर दिया? विभाग के जवाब के मुताबिक, वर्ष 2026-27 में क्षतिग्रस्त भवनों की जगह 840 स्कूलों में नए भवनों की स्वीकृति दी गई है। पिछले दो साल में 230 भवनविहीन स्कूलों के नए भवन स्वीकृत हुए। वहीं, 2025-26 में 369 हाई और हायर सेकंडरी स्कूलों में 1,179 अतिरिक्त कक्षों को मंजूरी मिली। वर्ष 2026-27 में भी 56 स्कूलों के लिए 222 अतिरिक्त कक्ष स्वीकृत हुए। हालांकि, इन स्वीकृतियों से यह स्पष्ट नहीं होता कि पांच महीने में 5735 जर्जर भवनों की स्थिति कैसे बदल गई। शिक्षा मंत्री के इस दावे की पोल खोलने दैनिक भास्कर ने दो स्तरों पर पड़ताल की सरकारी रिकॉर्ड... राज्य शिक्षा केंद्र के रिकॉर्ड में आज भी 5,770 स्कूलों में नए भवन, बड़ी मरम्मत या शौचालय निर्माण की दरकार है। यानी फरवरी के आंकड़े से 35 स्कूल ज्यादा। ग्राउंड रिपोर्ट... जमीनी पड़ताल में हजारों मासूम बच्चे आज भी टपकती छतों, दरकी दीवारों और किचन शेड में बैठकर जान जोखिम में डालने को मजबूर मिले। सीहोर (बोरदीखुर्द स्कूल) परिसर ढहा, छत पर गहरी दरारेंस्कूल परिसर का एक हिस्सा ढह चुका है। मुख्य इमारत की छत में और फर्श पर गहरी दरारें आ चुकी हैं बैतूल (रिंगढाना) बारिश में झरना बन जाती है छत...स्कूल की दीवारों में सीलन है। छत में कई जगह दरारें हैं। बारिश के दौरान इनसे झरने की तरह पानी बहता रहा और बच्चों को परेशानी झेलनी पड़ी। 1.50 लाख डकार गए पूर्व प्राचार्य... सीहोर की खिड़ियाकुर्मी शाला में खिड़कियां तक गायब। बीआरसी मणिशंकर शर्मा ने बताया कि भवन जर्जर घोषित है। पूर्व प्राचार्य मरम्मत के डेढ़ लाख डकार गए। लगातार सुधार, बदलता रहता है डेटाप्रदेश में 79 हजार प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालय हैं। हम लगातार सुधार करा रहे हैं, इसलिए डेटा हर महीने बदलता है। जो पूर्व में क्षतिग्रस्त थे, उनमें सुधार कराया गया है। अब जो नए आ रहे हैं, उनमें सुधार कराया जाएगा।- अभिषेक सिंह, आयुक्त, लोक शिक्षण संचालनालय कागजी कमाल: वही मंत्री, वही विधानसभा लेकिन 5 महीने में बयान एकदम उलट फरवरी 2026 (बजट सत्र)स्कूल शिक्षा मंत्री ने विधानसभा में लिखित रूप से माना कि प्रदेश में 5,735 स्कूल भवन जर्जर हैं और 1,700 से अधिक स्कूलों में शौचालय नहीं हैं। जुलाई 2026 (मानसून सत्र )ठीक 5 महीने बाद उन्हीं शिक्षा मंत्री राव उदय प्रताप सिंह ने दावा किया कि प्रदेश में अब एक भी शासकीय स्कूल भवन जर्जर स्थिति में नहीं है। वर्तमान हकीकत (सरकारी रिकॉर्ड)राज्य शिक्षा केंद्र के पोर्टल के मुताबिक प्रदेश के 5770 स्कूलों में जर्जर भवन सुधार, बड़ी मरम्मत या नए निर्माण की आवश्यकता दर्ज है।
रामपुर जिला जेल के बरामदे में अखिलेश यादव और आजम खान की मुलाकात हुई। 60 मिनट में वेस्ट यूपी के सियासी समीकरण, कांग्रेस के साथ सीटों के बंटवारा, आजम के बाहर आने और उनके स्वास्थ्य पर चर्चा हुई। जेल से बाहर आने से पहले अखिलेश ने आजम खान को एक लिस्ट भी सौंपी। इसमें वेस्ट यूपी की 13 सीटों के नाम लिखे थे। ये वो सीटें हैं, जहां कांग्रेस अपने कोटे से प्रत्याशी उतारना चाहती है। आजम खान के परिवार के एक करीबी बताते हैं- अखिलेश चाहते हैं कि आजम की रजामंदी के बाद ही कांग्रेस को ग्रीन या रेड सिग्नल दिया जाए। अखिलेश और आजम के बीच किन मुद्दों पर क्या बातचीत हुई, सिलसिलेवार पढ़िए… यूपी के विधानसभा चुनाव से पहले सपा गठबंधन के सहयोगी दल के साथ सीटों का बंटवारा साफ कर देना चाहती है। कांग्रेस की तरफ से अखिलेश यादव को एक लिस्ट दी गई है। सोर्स के मुताबिक, इसमें पूरे यूपी में 140 सीटों का जिक्र है। इसमें 75 सीटों को नान निगेशिएबिल बताया है। यानी कांग्रेस हर हाल में इन सीटों पर चुनाव लड़ना चाहती है। इनमें पश्चिमी यूपी में रामपुर में मिलक और बिलासपुर, मुरादाबाद में कुंदरकी और देहात, अमरोहा में नौगांवा सादात, बरेली में कैंट, बरेली शहर, बदायूं की बिल्सी, सहारनपुर में नकुड़, सहारनपुर देहात, बेहट, रामपुर मनिहारन और गंगोह की सीट पर कांग्रेस ने दावा पेश किया है।जेल से बाहर आने के बाद अखिलेश यादव ने सहयोगी दल की ओर से लिस्ट सौंपे जाने और आजम खान से उस पर चर्चा के बारे में बताया। कहा कि आजम खान ने कुछ अहम सुझाव दिए हैं, जिन्हें नोट कर लिया है। इन सुझावों पर विचार किया जाएगा। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि बातचीत सभी 403 विधानसभा सीटों को लेकर हुई है। रामपुर और मुरादाबाद पर आजम खान का फोकस सूत्रों के मुताबिक, इस खास मुलाकात में आजम ने खासतौर पर मुरादाबाद और रामपुर के प्रत्याशियों पर चर्चा की। कुछ मौजूदा विधायकों की परफॉर्मेंस को लेकर भी दोनों के बीच बातचीत हुई। कुछ की सीट बदले जाने और कुछ नए कैंडिडेट उतारने को लेकर भी चर्चा हुई। हालांकि, ये कैंडिडेट कौन हैं, इसको लेकर अखिलेश ने पत्ते नहीं खोले हैं। लेकिन, पश्चिमी यूपी में आजम खान का लंबे समय से राजनीतिक प्रभाव रहा है। रामपुर और मुरादाबाद की सीटों को लेकर उनके सुझाव को पहले भी अखिलेश यादव वेटेज देते रहे हैं। अब्दुल्ला किस भूमिका में रहेंगे, ये भी चर्चा हुई जिस वक्त अखिलेश और आजम के बीच बातचीत हो रही थी, आजम के बेटे अब्दुल्ला भी मौजूद थे। उनके जेल से बाहर आने की संभावना बन चुकी है। ऐसे में यह भी चर्चा हुई कि वह चुनाव में किस भूमिका में रहेंगे? क्योंकि अगर वो जेल से बाहर आ भी जाते हैं, तब भी चुनाव नहीं लड़ सकेंगे। आजम इस वक्त 2 पैन कार्ड के मामले में सजा काट रहे हैं। उनके पैरोकारों ने हाईकोर्ट में अपील की हुई है। ऐसे में चर्चा यह भी हुई कि क्या वो जेल से बाहर आ सकते हैं? अगर ऐसी स्थिति बनती है, तो चुनाव में वह किन क्षेत्रों में क्या कामकाज देख सकते हैं? अखिलेश ने पूछा- स्वास्थ्य ठीक है आपका… मुलाकात के दौरान अखिलेश ने आजम से उनके स्वास्थ्य के बारे में पूछा। क्योंकि दिसंबर, 2025 की सर्दियों में अचानक आजम को सांस लेने में परेशानी हुई थी। जेल प्रशासन ने बैरक में डॉक्टर भेजे थे, लेकिन आजम ने इलाज करने से मना कर दिया था। फिलहाल आजम खान का जेल से बाहर आना मुश्किल लग रहा है, ऐसे में उनके स्वास्थ्य को लेकर सपा प्रमुख ने चिंता दिखाई। कांग्रेस की तरफ से और किन सीटों पर दावा किया गया, अब यह जान लीजिए रायबरेली, सहारनपुर, अमेठी की ज्यादातर सीटों पर कांग्रेस लड़ना चाह रही दैनिक भास्कर से सपा के सूत्रों की जो बात हुई, उसमें सामने आया कि रायबरेली, अमेठी, सहारनपुर की ज्यादातर सीटों पर कांग्रेस दावा कर रही है। कुछ ऐसी हैं, जहां कांग्रेस हर हाल में प्रत्याशी उतारना चाहती है। सहारनपुर की भी 5 सीटों पर दावेदारी पेश की है। इसके पीछे कारण है कि 2024 के लोकसभा चुनाव में कांग्रेस ने सभी सीटों पर जीत दर्ज की थी। इमरान मसूद ने भाजपा के कैंडिडेट को हराया था। इमरान मसूद पश्चिमी यूपी में कांग्रेस के इकलौते मुस्लिम सांसद हैं। 2022 के चुनाव में वह सपा के साथ थे। लेकिन, खुद इमरान भी अपने संसदीय क्षेत्र की 5 सीटों पर कांग्रेस के कैंडिडेट उतारना चाहते हैं। रायबरेली से राहुल गांधी और अमेठी से किशोरी लाल शर्मा सांसद हैं। सपा ने रायबरेली में 2022 के चुनाव में 6 में से 4 सीटें जीती थीं। भाजपा ने 2 सीटें जीती थीं, कांग्रेस का खाता भी नहीं खुला था। सपा ने बछरावां, सरेनी, हरचंदपुर और ऊंचाहार सीट पर जीत हासिल की थी। भाजपा सदर और सलोन सीट जीतने में कामयाब रही थी। वहीं, अमेठी की 4 सीटों में से 2 सपा ने और 2 भाजपा ने जीती थीं। अमेठी और गौरीगंज सपा ने जीती थी, जगदीशपुर और तिलोई भी भाजपा ने कब्जा किया था। ऊंचाहार से विधानसभा चुनाव जीते मनोज पांडेय पाला बदलकर भाजपा के साथ हो लिए और वह मंत्री बन गए। वहीं, अमेठी में गौरीगंज में सपा के टिकट पर जीते राकेश प्रताप सिंह भी अब औपचारिक तौर से भाजपा में शामिल हो चुके हैं। ------------------------------ यह खबर भी पढ़ें - 'आजम 11 महीने बाद याद आए' सवाल पर भड़के अखिलेश, बोले- थोड़ी इज्जत दे दी तो सिर पर चढ़ गए सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने गुरुवार को रामपुर जेल में आजम खान से मुलाकात की। जेल प्रशासन ने मुलाकात के लिए 45 मिनट का समय दिया था, लेकिन दोनों के बीच 1 घंटा 9 मिनट तक बातचीत हुई। मुलाकात के बाद अखिलेश ने कहा, “रामपुर, जिसके नाम में ही राम है, वहां रामराज्य की भावना को मार दिया गया है। रामराज्य की भावना को कुचला जा रहा है।” पढ़िए पूरी खबर…
उत्तर प्रदेश विधान परिषद की शिक्षक और स्नातक सीटों पर भाजपा-सपा में कांटे की टक्कर है। वाराणसी सीट पर भाजपा के सामने सपा का गढ़ ढहाने की चुनौती है। वहीं, भाजपा से बागी हुए 2 नेताओं की उम्मीदवारी ने फैजाबाद-गोरखपुर सीट पर मुकाबला रोचक बना दिया है। इनमें से एक संजयन त्रिपाठी को सपा ने अपने घोषित उम्मीदवार का टिकट काटकर प्रत्याशी बनाया है। इसके बाद से टीम योगी गोरखपुर की सीट बचाने में जुटी है। लखनऊ, इलाहाबाद, आगरा समेत 6 सीटों पर भाजपा प्रत्याशियों से नाराजगी है। इसलिए पार्टी की राह आसान नहीं है। चुनाव प्रचार के तरीकों में दोनों प्रमुख दलों की रणनीति बिल्कुल अलग नजर आई- सीएम का पावर शो, अखिलेश सभाओं से दूर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चुनाव की कमान अपने हाथों में लेते हुए प्रदेशभर में 5 बड़ी सभाएं कीं। उन्होंने लखनऊ में शिक्षक प्रत्याशी उमेश द्विवेदी और स्नातक प्रत्याशी इं. अवनीश सिंह के पक्ष में रैली की। इसके अलावा गाजियाबाद, गोरखपुर, बरेली, वाराणसी, बलिया और आगरा में सभाएं और रणनीतिक बैठकें करके कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ाया। उनके साथ भाजपा का पूरा कैडर नजर आया। दूसरी ओर, सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव जनसभाओं से दूर रहे। केवल अयोध्या के एक निजी कार्यक्रम के दौरान उन्होंने फैजाबाद-गोरखपुर से सपा प्रत्याशी के लिए अपील की थी। इसके अलावा सपा के शीर्ष नेतृत्व या उनके परिवार का कोई सदस्य सीधे प्रचार में नहीं उतरा। सपा के उम्मीदवार अपने व्यक्तिगत प्रभाव, स्थानीय संगठन और क्षेत्रीय विधायकों/सांसदों के बल पर ही चुनाव मैदान में डटे हैं। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि सपा विधान परिषद के चुनावों में कभी बहुत ज्यादा प्रचार करती नहीं दिखी है। हालांकि, बदलते समीकरणों के बीच अगर अखिलेश यादव खुद मैदान में उतरते तो सपा प्रत्याशियों की स्थिति और मजबूत हो सकती थी। अब सीटवार स्थिति समझते हैं… लखनऊ स्नातक खंड सीट इस चुनाव का सबसे बड़ा हॉटस्पॉट बनी हुई है। यहां सबसे ज्यादा 3 लाख 13 हजार 531 स्नातक मतदाता हैं। भाजपा के निवर्तमान MLC इंजीनियर अवनीश सिंह और सपा की कांति सिंह के बीच कांटे की टक्कर है। 2020 में कांति सिंह सिर्फ 6,403 वोट से अवनीश से हारी थीं। हार के बावजूद कांति पिछले 6 साल से क्षेत्र में लगातार सक्रिय रहीं। उन्होंने नए स्नातक मतदाता बनाने पर ध्यान दिया। उनके पति प्रतापगढ़ से सपा सांसद शिवपाल सिंह पटेल हैं। लखनऊ पब्लिक स्कूल चेन के संस्थापक और अध्यक्ष हैं। इस सीट पर भाजपा को फीडबैक मिला है कि अवनीश को लेकर मतदाताओं में नाराजगी है। सीएम योगी, जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना और संगठन महामंत्री धर्मपाल सिंह ने खुद यहां चुनाव प्रबंधन का जिम्मा संभाला है। लखनऊ शिक्षक खंड सीट पर 53 हजार 179 शिक्षक मतदाता हैं। यहां कुल 10 उम्मीदवार किस्मत आजमा रहे हैं। मुख्य मुकाबला भाजपा प्रत्याशी उमेश द्विवेदी और सपा के सुशील कुमार पटेल के बीच है। उमेश द्विवेदी 2014 और 2020 में इस सीट पर जीत चुके हैं, तीसरी बार मैदान में हैं। उत्तर प्रदेश के वित्तविहीन विद्यालयों के शिक्षकों के बीच उमेश द्विवेदी का प्रभाव बहुत मजबूत है। इससे उनकी स्थिति काफी मजबूत नजर आ रही है। वहीं, सपा ने अपना पूरा कैडर सुशील कुमार पटेल के समर्थन में उतार दिया है। इसलिए वो तगड़ी फाइट दे रहे हैं। मुख्यमंत्री के प्रभाव वाली गोरखपुर-फैजाबाद शिक्षक सीट पर 54 हजार 910 मतदाता हैं। इनमें सबसे बड़ा धड़ा ब्राह्मणों का है। यहां भाजपा ने ध्रुव कुमार त्रिपाठी पर, जबकि सपा ने भाजपा के बागी संजयन त्रिपाठी पर दांव खेला है। भाजपा के एक अन्य बागी अजय सिंह भी निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में मजबूती से डटे हैं। अजय सिंह ने जिला प्रशासन पर आचार संहिता उल्लंघन के आरोप भी लगाए हैं। संजयन त्रिपाठी और अजय सिंह के ब्राह्मण वोटबैंक में सेंधमारी करने की स्थिति में भाजपा प्रत्याशी ध्रुव त्रिपाठी के लिए राह कठिन हो सकती है। इसी वजह से सीएम योगी की गोरखपुर टीम ने इस सीट पर पूरी ताकत झोंक दी है। आगरा शिक्षक खंड सीट पर 50 हजार 802 शिक्षक मतदाता 12 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करेंगे। यहां सपा से आकाश अग्रवाल और भाजपा से हरिकिशोर तिवारी आमने-सामने हैं। आकाश अग्रवाल ने पिछला चुनाव निर्दलीय जीता था। शिक्षकों के बीच उनकी सीधी पकड़ है। इस बार सपा ने उन्हें प्रत्याशी बनाया है। दूसरी ओर, भाजपा प्रत्याशी हरिकिशोर तिवारी कर्मचारी राजनीति का बड़ा चेहरा हैं। वह कर्मचारियों के बीच लोकप्रिय हैं। उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय (आगरा) और बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह (अलीगढ़) के गृह जिलों का दायरा आने से भाजपा के लिए यह सीट प्रतिष्ठा की बात है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी की दोनों सीटों (शिक्षक और स्नातक) पर 2020 के चुनाव में सपा ने कब्जा जमाया था। इस बार भाजपा के सामने सपा से ये दोनों सीटें छीनने की चुनौती है। सपा ने MLC आशुतोष सिन्हा को फिर से उतारा है, जबकि भाजपा ने अपने पुराने चेहरे केदारनाथ सिंह पर ही दांव खेला है। 2020 में केदारनाथ सिंह मात्र 3,850 वोटों से आशुतोष सिन्हा से चुनाव हारे थे। मुख्यमंत्री योगी खुद दोनों सीटों के प्रबंधन की मॉनिटरिंग कर रहे हैं। 6 मंत्रियों और 30 से ज्यादा विधायकों को प्रचार में लगाया गया है। सपा ने अपने पुराने MLC लालबिहारी यादव पर दोबारा भरोसा जताया है। भाजपा ने उनके मुकाबले नए चेहरे डॉ. प्रमोद मिश्रा को उतारा है। 2020 में भाजपा ने यहां अपना आधिकारिक प्रत्याशी न उतारकर निर्दलीय चेतनारायण सिंह को समर्थन दिया था, जो तीसरे स्थान पर रहे थे। इस बार पार्टी ने अपना अधिकृत उम्मीदवार खड़ा किया है। इलाहाबाद-झांसी स्नातक क्षेत्र प्रयागराज, कौशांबी से लेकर बुंदेलखंड के फतेहपुर, बांदा, चित्रकूट, हमीरपुर, महोबा, जालौन, झांसी और ललितपुर जिलों तक फैला है। यहां 13 उम्मीदवार मैदान में हैं और 2 लाख 64 हजार 233 वोटर हैं। सपा ने MLC मानसिंह यादव को फिर से टिकट दिया है। उन्होंने 2020 में भाजपा के दिग्गज यज्ञदत्त शर्मा को शिकस्त दी थी। भाजपा ने इस बार नए चेहरे अशोक सिंह राठौर को मैदान में उतारा है। यहां भाजपा ने अपने प्रदेश मंत्री अनिल यादव को चुनाव प्रभारी बनाकर घेराबंदी की है। बरेली-मुरादाबाद शिक्षक खंड में 47 हजार 701 शिक्षक मतदाता 17 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करेंगे। भाजपा के हरि सिंह ढिल्लो का सीधा मुकाबला सपा के दानिश अख्तर से है। इस सीट पर लगभग 4000 मुस्लिम शिक्षक मतदाता हैं। भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी ने खुद यहां कमान संभाली है। मुख्यमंत्री योगी ने भी जनसभा की है। पार्टी यहां मतों के एकमुश्त ध्रुवीकरण के भरोसे अपनी जीत की उम्मीद लगाए है। मेरठ-सहारनपुर खंड की दोनों शिक्षक और स्नातक सीटों पर भाजपा और सपा के प्रत्याशियों के बीच टक्कर है। वैश्य और कैडर वोटबैंक व पिछले कार्यकाल के प्रभाव के चलते दोनों सीटों पर भाजपा प्रत्याशियों का माहौल मजबूत माना जा रहा है। भाजपा ने दिनेश गोयल को प्रत्याशी बनाया है। वो वर्तमान MLC हैं। सपा ने प्रमेन्द्र सिंह भाटी पर दांव खेला है। वैश्य समुदाय से आने वाले दिनेश गोयल 2020 में MLC बने थे। भाजपा का शहरी, वैश्य व पारंपरिक वोटबैंक और गाजियाबाद, नोएडा व मेरठ के संगठनात्मक नेटवर्क पर मजबूत प्रभाव है। वहीं, सपा ने पिछड़े वर्ग से ग्रामीण और युवा स्नातकों को अपने पक्ष में करने की रणनीति बनाई है। हालांकि, वैश्य और शहरी स्नातकों में गहरी पैठ के कारण भाजपा का पलड़ा भारी माना जा रहा है। भाजपा ने MLC श्रीचंद शर्मा को दोबारा कैंडिडेट बनाया है। उनके सामने सपा प्रत्याशी नितिन कुमार तोमर हैं। श्रीचंद शर्मा ने 2020 में ओमप्रकाश शर्मा गुट का दशकों पुराना वर्चस्व तोड़कर जीत हासिल की थी। वित्तविहीन और माध्यमिक शिक्षकों पर उनकी सीधी पकड़ है। वहीं, सपा प्रत्याशी पुरानी पेंशन योजना और शिक्षकों के मानदेय को मुख्य मुद्दा बनाकर मैदान में है। लेकिन, अपने कार्यकाल के काम और शिक्षक संघों के कैडर के दम पर श्रीचंद शर्मा (भाजपा) बढ़त में दिख रहे हैं। कुल वोटर 14.28 लाख, 11.85 लाख सिर्फ स्नातक खंड के विधानसभा चुनाव से ठीक पहले 72 जिलों के 14.81 लाख पढ़े-लिखे वोटर यूपी में सियासी हवा का रुख बताने वाले हैं। शिक्षक खंड की 6 और स्नातक खंड की 5, कुल 11 सीटों पर आज वोटिंग हो रही है। चुनाव मैदान में 152 प्रत्याशी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। कुल 2697 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। इस चुनाव में स्नातक और शिक्षक क्षेत्र के मतदाताओं की संख्या और प्रत्याशियों की स्थिति में बड़ा अंतर है- हवा का रुख- 72 जिलों से दिखेगा पढ़े-लिखे वर्ग के मिजाज किस तरफ है… राजनीतिक विश्लेषक मानते हैं कि MLC चुनाव सीधे तौर पर यूपी की राजनीति की हवा तय करने वाले हैं। वरिष्ठ पत्रकार आनंद राय कहते हैं- उत्तर प्रदेश के 75 में से 72 जिलों के मतदाता इस चुनाव प्रक्रिया से सीधे जुड़े हैं। सिर्फ कानपुर, कानपुर देहात और उन्नाव की सीटों पर बाद में चुनाव होने हैं। शिक्षक और स्नातक वर्ग का मतदाता जागरूक माना जाता है। यह स्थानीय मुद्दों, सरकारी नीतियों, रोजगार, शिक्षा और प्रशासनिक रवैये को ध्यान में रखकर निर्णय लेता है। हालांकि, विधानसभा चुनाव के संदर्भ में कुल मतदाता का 1% हिस्सा ही इस चुनाव में भाग लेता है। लेकिन, नतीजे संकेत देंगे कि आने वाले विधानसभा चुनावों से पहले पढ़े-लिखे समाज का झुकाव किसकी तरफ रहने वाला है। वरिष्ठ पत्रकार आनंद राय कहते हैं- भाजपा ने इस चुनाव में अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी, संगठन महामंत्री धर्मपाल सिंह और प्रदेश प्रभारी विनोद तावड़े लगातार सक्रिय रहे। -------------------------------- यह खबर भी पढ़ें… 13 हजार वोटर्स की धांधली पकड़ने वाला कांग्रेसी कौन, पहला क्लू साइबर कैफे से मिला, 3.48 लाख रिकॉर्ड खंगाले पीलीभीत सदर विधानसभा क्षेत्र की मतदाता सूची में 13 हजार 150 वोटरों के नाम बदलने का आरोप लगाकर कांग्रेस ने चुनाव आयोग पर सवाल उठाए हैं। आरोप है कि वोटर का EPIC नंबर, उम्र और लिंग वही है, लेकिन नाम और पिता का नाम बदल गया। सभी 13,150 मतदाता मुस्लिम हैं। पूरी खबर पढ़ें…
मथुरा में ब्रज की संस्कृति, भक्ति और लोककलाओं का रंग जमने जा रहा है। धौली प्याऊ स्थित रेलवे ग्राउंड में 23 अक्टूबर से 2 नवंबर तक ब्रज रज उत्सव आयोजित होगा। उत्सव का औपचारिक उद्घाटन 24 अक्टूबर को कैबिनेट मंत्री लक्ष्मी नारायण चौधरी और सांसद हेमा मालिनी करेंगी। ‘संस्कृति, भक्ति, कला और ब्रज की पहचान’ थीम पर होने वाले इस उत्सव में भजन, सूफी संगीत, लोककलाओं और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुतियां होंगी। वहीं, वृंदावन के स्वामी हरिदास प्रेक्षागृह में 23 से 28 अक्टूबर तक नृत्य नाटिका, नाटक और रासलीला का आयोजन किया जाएगा। भक्ति संगीत से लेकर सूफी गायकी तक का रंग धौली प्याऊ स्थित रेलवे ग्राउंड में 23 अक्टूबर को मधुरम डिवोशनल बैंड की प्रस्तुति के साथ संगीत कार्यक्रमों की शुरुआत होगी। इसके बाद ईशान मिश्रा की सूफी गायकी, रसिक वैष्णव का ब्रजरस भजन कॉन्सर्ट और रूट्स नादात्म बैंड की प्रस्तुति होगी। आगे के कार्यक्रमों में गजेंद्र प्रताप सिंह, इशिता विश्वकर्मा, लखबीर सिंह लक्खा और अतुल पंडित अपनी प्रस्तुतियां देंगे। 31 अक्टूबर को पद्मश्री रामदयाल नौटंकी पेश करेंगे। 1 नवंबर को अभय विश्वकर्मा का म्यूजिकल बैंड और 2 नवंबर को बैकस्टेज सिवलिंग की प्रस्तुति होगी। उत्सव में राष्ट्रीय स्तर के कलाकारों के साथ स्थानीय लोक कलाकारों और स्कूली छात्र-छात्राओं को भी मंच मिलेगा। इससे उन्हें अपनी प्रतिभा दिखाने और ब्रज की पारंपरिक कलाओं को पहचान दिलाने का मौका मिलेगा। शिल्प मेला, फूड कोर्ट और झूले भी होंगे आकर्षण ब्रज रज उत्सव में सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ शिल्प मेला, फूड कोर्ट, झूले और जॉय राइड्स भी लगाए जाएंगे। स्वयं सहायता समूहों, खादी ग्रामोद्योग और प्रदेश सरकार की एक जनपद, एक उत्पाद (ODOP) व एक जनपद, एक व्यंजन (ODOC) योजनाओं के स्टॉल भी लगेंगे। यहां स्थानीय हस्तशिल्प, पारंपरिक उत्पाद और क्षेत्रीय व्यंजन देखने व खरीदने का मौका मिलेगा। उत्सव के जरिए स्थानीय कारीगरों, उद्यमियों और स्वयं सहायता समूहों को अपने उत्पादों के प्रचार और बिक्री के लिए मंच उपलब्ध कराया जाएगा। हेमा मालिनी की ‘गंगा’ नृत्य नाटिका से होगी शुरुआत वृंदावन के स्वामी हरिदास प्रेक्षागृह में 23 अक्टूबर को सांसद हेमा मालिनी की नृत्य नाटिका ‘गंगा’ का मंचन होगा। इसके साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला शुरू होगी। 25 अक्टूबर को सौरभ राज जैन ‘मेरे कृष्ण’ नाटक प्रस्तुत करेंगे। 26 अक्टूबर को गीता शोध संस्थान और रासलीला अकादमी, वृंदावन की ओर से रासलीला का आयोजन होगा। वहीं, 27 अक्टूबर को शिवानी मिश्रा ‘कलर्स ऑफ यूपी’ की प्रस्तुति देंगी।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हत्या के दोषी नंदलाल राय की ‘सजा और दोषसिद्धि’ पर रोक लगा दी, जिससे वह चुनाव लड़ सके। निचली अदालत ने उसे उम्रकैद की सजा दी थी। उस फैसले के खिलाफ नंदलाल ने हाईकोर्ट में अर्जी लगाई थी। यहां वकीलों ने दलील दी कि नंदलाल भाजपा का सक्रिय कार्यकर्ता है। 2027 विधानसभा का चुनाव चुनाव लड़ना चाहता है। इस पर हाईकोर्ट ने कहा- चुनाव लड़ना नेता की ‘रोजी-रोटी’ जैसा अधिकार है। इस फैसले के बाद अब चर्चा शुरू हो गई है कि क्या आजम खान, विजय मिश्रा और अमरमणि जैसे नेताओं के 2027 में चुनाव लड़ने का रास्ता साफ हो गया है? जानेंगे आज यूपी एक्सप्लेनर में… सवाल 1: हाईकोर्ट ने किस आधार पर राहत दी? जवाब: सुप्रीम कोर्ट के वकील रोहित पांडेय बताते हैं- ‘सजा पर रोक’ और ‘दोषसिद्धि पर रोक’ दो अलग-अलग कानूनी राहत है। इसका असर भी बिल्कुल अलग होता है। ‘सजा पर रोक’ को आसान भाषा में जमानत कहा जाता है। इसका मतलब है कि अपील की सुनवाई पूरी होने तक जेल की सजा पर रोक रहेगी। लेकिन, व्यक्ति ‘दोषी’ माना जाता है, यानी कानून मानता है कि उसने अपराध किया है। जबकि ‘दोषसिद्धि पर रोक’ का मतलब है कि रोक लागू रहने तक व्यक्ति को 'दोषी' नहीं माना जाएगा। मतलब व्यक्ति ने अपराध किया है या नहीं, यह अभी तय नहीं है। इससे सभी कानूनी अड़चनें हट जाती हैं। व्यक्ति चुनाव भी लड़ सकता है। रोहित बताते हैं कि ऐसा होना सामान्य नहीं है। अदालतें बेहद दुर्लभ और विशेष मामलों में ही ठोस कारण होने पर ही दोषसिद्धि पर रोक लगाती हैं। नंदलाल के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट के जस्टिस सिद्धार्थ और जस्टिस विनय कुमार द्विवेदी ने 3 वजहों से राहत दी… सवाल 2: क्या आजम, विजय मिश्रा और अमरमणि को फायदा मिलेगा? जवाब: तीनों नेताओं के मामले अलग-अलग हैं। ऐसे में इस फैसले का असर सभी पर अलग होगा। इसे ऐसे समझ सकते हैं… 1. आजम खान: कई मामलों में सजा से राह बेहद मुश्किल अभी की स्थिति: आजम खान पर 100 से ज्यादा मामले दर्ज हैं। इसमें से 8 मामलों में वे दोषी साबित हो चुके हैं, जबकि 8 में बरी हुए हैं। 2 पैन कार्ड और फर्जी बर्थ सर्टिफिकेट समेत अलग-अलग मामलों में 2 से 10 साल की सजा हो चुकी है। अड़चन: जनप्रतिनिधित्व अधिनियम-1951 के मुताबिक, अगर किसी को 2 साल या उससे ज्यादा की सजा होती है, तो वह सजा काटने के दौरान और सजा पूरी होने के 6 साल बाद तक चुनाव नहीं लड़ सकता। राहत कैसे मिलेगी: रोहित पांडेय बताते हैं- 2027 का चुनाव लड़ने के लिए आजम को उनके खिलाफ आए सभी 8 फैसलों की दोषसिद्धि और सजा पर हाईकोर्ट या सुप्रीम कोर्ट से रोक लगवानी होगी। आजम खान के वकील लगातार हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में अपील कर रहे हैं। अगर चुनाव का पर्चा भरने की तारीख से पहले अदालत को लगता है कि आजम के खिलाफ मामलों में सबूत पुख्ता नहीं हैं। कोर्ट उनके खिलाफ आए सभी फैसलों में ‘सजा और दोषसिद्धि’ पर रोक लगा दे, तो वे चुनाव लड़ सकते हैं। 2. विजय मिश्रा: गंभीर धाराओें में उम्रकैद का ठप्पा अभी की स्थिति: भदोही की ज्ञानपुर सीट से 4 बार विधायक रहे बाहुबली विजय मिश्रा को 46 साल पुराने हत्या के मामले में कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। इसके अलावा बलात्कार के मामले में 15 साल की सजा मिली है। अड़चन: नंदलाल राय के मामले में कोर्ट ने पाया था कि FIR में उनका नाम 17 दिन बाद आया था और सबूत काफी कमजोर थे। लेकिन, विजय मिश्रा के खिलाफ हत्या और बलात्कार जैसे बेहद गंभीर मामलों में अदालत ने ठोस सबूतों के आधार पर सजा तय की है। ऐसे संगीन मामलों में उच्च अदालतों से सजा और दोषसिद्धि पर रोक मिलना नामुमकिन है। 3. अमरमणि त्रिपाठी: जेल से छूटे पर दोषमुक्त नहीं हुए अभी की स्थिति: पूर्वांचल के कद्दावर नेता अमरमणि त्रिपाठी कवयित्री मधुमिता शुक्ला हत्याकांड में उम्रकैद की सजा पा चुके हैं। अच्छे आचरण की वजह से यूपी सरकार ने साल 2023 में उन्हें रिहा कर दिया था। लेकिन, इसका मतलब यह नहीं कि उन्होंने हत्या नहीं की। अड़चन: जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 8 (3) के तहत, सजा की पूरी अवधि पूरी होने के 6 साल तक चुनाव नहीं लड़ सकता। अमरमणि के मामले में यह अवधि 2029 में खत्म होगी। वकील रोहित पांडेय बताते हैं- सुप्रीम कोर्ट के फैसलों के मुताबिक, किसी मामले में दोषसिद्धि पर रोक लगाना बहुत ही दुर्लभ प्रक्रिया है। यह राहत केवल तब मिलती है, जब अदालत को लगे कि आरोपी को किसी साजिश के तहत फंसाया गया है। या उसके खिलाफ दिए गए फैसले में भारी कानूनी कमियां हैं। इन तीनों नेताओं के मामलों में स्थितियां पूरी तरह अलग हैं। इसलिए किसी दूसरे मामले की राहत का फायदा इन्हें नहीं मिल सकता। सवाल 3: कई बार नेता जेल में रहते हुए चुनाव लड़ते और जीतते हैं? जवाब: भारतीय कानून में एक बहुत अजीब विरोधाभास है- जेल में बंद कैदी चुनाव लड़ सकता है और जनता उसे वोट देकर जिता भी सकती है। लेकिन, यह कैदी किसी भी चुनाव में वोट नहीं डाल सकता। दरअसल, जेल में बंद कैदियों की 2 कैटेगरी होती हैं। सारा खेल इसी का है। इसलिए पहले ये कैटेगरी समझते हैं, फिर जानेंगे कि कैदी वोट क्यों नहीं डाल सकते… पहली कैटेगरी- अंडरट्रायल: जब किसी पर सिर्फ मुकदमा चल रहा हो, कोर्ट ने उसे सजा न सुनाई हो, तब वह चुनाव लड़ सकता है। फिर चाहे गंभीर आरोपों की वजह से उसे जेल में रखा गया हो और कोर्ट ने जमानत देने से मना कर दिया हो। इसी वजह से मुख्तार अंसारी, अतीक अहमद, आजम खान, राजा भैया समेत कई नेता जेल से चुनाव लड़ते और जीतते रहे हैं। लेकिन, चुनाव जीतने का मतलब यह नहीं होता कि उसके सारे गुनाह या मुकदमे खत्म हो गए। शपथ लेने के लिए मिलती है पैरोल: सांसद या विधायक बनने के बाद शपथ लेने के लिए कुछ घंटों या दिनों की विशेष कस्टडी पैरोल मिलती है। संसद की कार्यवाही में शामिल होना: शपथ लेने के बाद वापस जेल जाना पड़ता है। संसद या विधानसभा सत्र में तभी शामिल हो सकते हैं, जब कोर्ट मंजूरी दे। अगर कोर्ट से सजा हो जाए तो? अगर जेल में रहते हुए, चल रहे मुकदमे में कोर्ट 2 साल या उससे ज्यादा की सजा सुना दे, तो सांसदी या विधायकी उसी वक्त खत्म हो जाएगी। दूसरी कैटेगरी- दोषी: जब कोर्ट किसी को दोषी मानकर 2 साल या उससे ज्यादा की सजा सुना देता है, तो ऐसा कैदी चुनाव नहीं लड़ सकता। अब जानिए कैदी वोट क्यों नहीं डाल सकते… जनप्रतिनिधित्व अधिनियम-1951 की धारा 62(5) के मुताबिक किसी भी कैटेगरी के कैदी, किसी भी तरह के चुनाव में वोट नहीं डाल सकते। इसके पीछे 2 वजह हैं… 1. लॉ एंड ऑर्डर बनाए रखना: अगर जेल में बंद सभी कैदियों को वोट डालने की इजाजत दी गई, तो चुनाव के दिन सुरक्षा का संकट खड़ा हो जाएगा। कैदियों को पोलिंग बूथ तक लाने या जेल के अंदर वोटिंग कराने के लिए भारी पुलिस बल की जरूरत होगी। इससे कैदियों के भागने या आपस में हिंसक झड़प होने का खतरा बढ़ जाएगा। 2. नागरिक अधिकारों पर रोक: अदालतों ने समय-समय पर अपने फैसलों में कहा है कि वोट डालना 'मौलिक अधिकार' नहीं है। बल्कि, यह कानून के जरिए दिया गया 'वैधानिक अधिकार' है। जब कोई व्यक्ति कानून तोड़ता है और जेल जाता है, तो समाज की सुरक्षा के लिए उसकी आजादी छीन ली जाती है। इसी तर्क के आधार पर जब तक व्यक्ति जेल में है, तब तक वोट नहीं डाल सकता। लेकिन, किसी आरोपी को कोर्ट से जमानत मिल चुकी है या कोई दोषी पैरोल पर जेल से बाहर आया है, तो वह पोलिंग बूथ पर जाकर वोट डाल सकता है। ------------------------------------ ये एक्सप्लेनर भी पढ़ें… क्या 2027 विधानसभा चुनाव टालने पड़ेंगे, इलाहाबाद हाईकोर्ट बोला- 3 महीने में पंचायत चुनाव कराएं, क्या ये संभव है...? इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 3 महीने के भीतर यूपी में पंचायत चुनाव कराने का आदेश दिया है। हालांकि, जिस शासनादेश के तहत प्रशासकों की नियुक्ति की गई थी, उसे कोर्ट ने वैध माना है। यानी प्रशासक अगले तीन महीने तक अपने पद पर बने रहेंगे। ऐसे में क्या विधानसभा चुनाव टल सकता है? पढ़िए यूपी एक्सप्लेनर में…
राजधानी में मरीजों के इलाज और दवा वितरण के लिए अस्पतालों व स्वास्थ्य केंद्रों में पदस्थ कर्मचारियों से दूसरे संस्थानों और कार्यालयों में काम लिया जा रहा था। फार्मासिस्ट और नर्सिंग कर्मचारियों से भी कार्यालयीन काम करवाया जा रहा था। अब स्वास्थ्य विभाग के निर्देश पर सीएमएचओ ने 53 कर्मियों, 15 डॉक्टरों के अटैचमेंट खत्म कर उन्हें मूल पदस्थापना पर लौटने के आदेश जारी किए हैं। सीएमएचओ कार्यालय से 19 अक्टूबर को दो आदेश जारी हुए हैं। इनमें चिकित्सा विशेषज्ञ, पैथोलॉजिस्ट, चिकित्सा अधिकारी शामिल हैं। सवाल यह है कि जिन कर्मचारियों की नियुक्ति मरीजों को स्वास्थ्य सेवाएं देने के लिए हुई थी, उन्हें दूसरी जगह क्यों लगाया गया था? नेत्र सहायक को सौंप दी थी पीसीपीएनडीटी शाखा नेत्र सहायक प्रहलाद प्रजापति को सीएमएचओ कार्यालय में पीसीपीएनडीटी शाखा का काम सौंपा गया था। फार्मासिस्ट ग्रेड-2 पूजा असिया की मूल पदस्थापना प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, कोलार में है, जबकि वे सिविल डिस्पेंसरी, 1100 क्वार्टर में काम कर रही थीं। इसी तरह प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, धरमरी के फार्मासिस्ट राजेंद्र उइके डॉ. केएनके चिकित्सा महाविद्यालय में कार्यरत थे। गांधी नगर के विशेषज्ञ जेपी अस्पताल में थे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, गांधी नगर के चिकित्सा विशेषज्ञ डॉ. प्रदीप मुड़िया जयप्रकाश अस्पताल में सेवाएं दे रहे थे। सिविल अस्पताल, बैरसिया की पैथोलॉजिस्ट डॉ. दीपिका किशार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, कोलार में कार्यरत थीं। रातीबड़ में पदस्थ डॉ. अर्चना जीवन पीएचसी सीहोर बस्ती थीं। दो डॉक्टरों के पास जिला स्वास्थ्य अधिकारी प्रभार राज्य क्षय नियंत्रण केंद्र में पदस्थ डॉ. भारती चौकसे प्रभारी जिला स्वास्थ्य अधिकारी-2 और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, धरमरी के डॉ. दिलीप हरदेन प्रभारी जिला स्वास्थ्य अधिकारी-1 के रूप में काम कर रहे थे। दोनों को मूल पदस्थापना पर लौटने के निर्देश दिए गए हैं। सभी अटैचमेंट इस महीने के अंत तक निरस्त के निर्देश स्वास्थ्य विभाग में महीने के अंत तक सभी अटैचमेंट निरस्त कर कर्मचारियों को मूल पदस्थापना पर लौटाने के निर्देश दिए गए हैं। विभागीय आयुक्त ने सीएमएचओ और जॉइंट डायरेक्टर को यह कार्रवाई पूरी करने को कहा है। 1 नवंबर से पोर्टल पर अस्पतालवार डॉक्टरों, नर्सों और कर्मचारियों की पदस्थापना की जानकारी सार्वजनिक होगी। किसी संस्था में स्टाफ की कमी या संस्था बंद होने पर भी अटैचमेंट नहीं किया जा सकेगा। ऐसी स्थिति में विभाग को एक दिन में वैकल्पिक व्यवस्था करनी होगी। 22 अगस्त की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में अटैचमेंट की समीक्षा भी हुई थी। अब फैसला हुआ है।
झरखंड के कई जिलों में अब हल्की ठंड महसूस होने लगी है। शाम होते ही गुलाबी ठंड और सिहरन का एहसास शुरू हो जाता है। ऐसा ही अहले सुबह भी देखा जा रहा है। हालांकि, मौसम विशेषज्ञों के अनुसार यह ठंड सिर्फ स्थानीय कारणों से महसूस हो रही है। मौसम विभाग के अनुसार, तेज सर्दी के लिए दिवाली तक इंतजार करना होगा। वहीं, मौसम विभाग के अनुसार, राज्य में अगले तीन दिनों के दौरान न्यूनतम तापमान में कोई बड़े बदलाव की संभावना नहीं है। इसके बाद इसमें दो-तीन डिग्री सेल्सियस की वृद्धि हो सकती है। 26 अक्टूबर तक सुबह के वक्त धुंध और कुहासा रह सकता है, जबकि दिन में आसमान साफ रहेगा। वहीं, 27 अक्टूबर को कहीं-कहीं पर मेघ गर्जन के साथ हल्की बारिश हो सकती है। बारिश के बाद बढ़ सकती है ठंड मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्वानुमान के मुताबिक, 27 और 28 अक्टूबर को राज्य के कुछ हिस्सों में सुबह बादल और कुहासा छाया रह सकता है। उत्तर-पूर्वी और दक्षिण-पूर्वी झारखंड में कहीं-कहीं हल्की बारिश होने की संभावना है। मौसम में इस बदलाव की वजह बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी और स्थानीय मौसमी परिस्थितियों को माना जा रहा है। बारिश होने पर अधिकतम और न्यूनतम तापमान में गिरावट आ सकती है। इससे सुबह और शाम की ठंड बढ़ने तथा ठिठुरन महसूस होने की संभावना है। ऐसे में आने वाले दिनों में झारखंड के लोगों को मौसम के बदलते मिजाज के साथ बढ़ती ठंड का सामना करना पड़ सकता है। आसमान साफ, इसलिए गिर रहा तापमानमौसम वैज्ञानिक अभिषेक आनंद के अनुसार मानसून के विदा होने के बाद से आसमान साफ है। इससे दिन में धरती की सतह गर्म होती है, रात में यह गर्मी तेजी से बाहर निकलती है। वहीं, पहाड़ों पर बर्फबारी हो रही है। इसलिए पारा लुढ़क रहा है।
नमस्कार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस और राहुल गांधी पर जमकर निशाना साधा। खबर सामने आई है कि अमेरिकी राष्ट्रपति के अधिकारियों ने यूक्रेन के राष्ट्रपति को डांट लगाई। मॉर्निंग न्यूज ब्रीफ में आगे जानिए कि भारत ने टी-20 में सबसे बड़ा रनचेज किया। ⏰ आज के प्रमुख इवेंट्स, जिन पर रहेगी नजर... 1. पीएम मोदी भारत मंडपम में 'चिन्मय अमृत महोत्सव वैश्विक सम्मेलन' का उद्घाटन करेंगे। 2. यूपी में विधान परिषद की 11 सीटों पर 72 जिलों में वोटिंग होगी। कल की बड़ी खबरें... 1. PM मोदी बोले- कांग्रेस कब तक अपने फेल प्रोडक्ट की लॉन्चिंग के लिए देश को दांव पर लगाती रहेगी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को NDTV वर्ल्ड समिट 2026 में शामिल हुए। उन्होंने राहुल गांधी का नाम लिए बिना कहा- पता नहीं कब तक कांग्रेस अपने फेल प्रोडक्ट की लॉन्चिंग के लिए देश को दांव पर लगाती रहेगी। उन्होंने कहा कि साल भर में श्रीहरिकोटा से जितनी लॉन्चिंग नहीं होती है, उतनी कांग्रेस के नेता की होती है। आज परिवार कांग्रेस पर बोझ बन चुका है। पता नहीं कांग्रेस कब तक अपने नेता को लॉन्च करती रहेगी। पीएम ने कहा कि दुनिया जहां नए ऑर्डर की तलाश में है। कुछ लोग भारत में डिसऑर्डर के सपने देख रहे हैं। कुछ लोग दुनिया में जाकर भारत को बदनाम कर रहे हैं। पूरी खबर पढ़ें... 2. 'आजम 11 महीने बाद याद आए' सवाल पर भड़के अखिलेश, बोले- थोड़ी इज्जत दे दी तो सिर पर चढ़ गए सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने गुरुवार को रामपुर जेल में आजम खान से मुलाकात की। उन्होंने कहा, “आजम थे, आजम हैं और आजम रहेंगे। फर्जी मुकदमों में इतनी ताकत नहीं कि उन्हें जेल में रख सकें।” अखिलेश ने आरोप लगाया कि भ्रष्ट अधिकारी फर्जी मुकदमे दर्ज कराने का हथियार बन रहे हैं, लेकिन अब धीरे-धीरे अधिकारी भी साथ छोड़ रहे हैं। पत्रकारों ने जब अखिलेश से पूछा कि आजम खान से मिलने आने में 11 महीने क्यों लग गए, तो वह भड़क गए। उन्होंने कहा- मेरी जानकारी में नहीं है कि किस चैनल का दाना लेकर आए हैं। लेकिन थोड़ी इज्जत दे दी तो सिर पर चढ़ गए। पढ़ें पूरी खबर… 3. जेलेंस्की को अमेरिकी अफसरों ने बंद कमरे में फटकार लगाई, कहा- ट्रम्प आपसे बहुत नाराज हैं अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के अफसरों ने यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की को बंद कमरे में जमकर फटकार लगाई। घटना 20 अक्टूबर को नॉर्वे की राजधानी ओस्लो में हुई। ट्रम्प के प्रतिनिधियों स्टीव विटकॉफ (मिडिल ईस्ट में विशेष दूत) और जेरेड कुशनर (ट्रम्प के दामाद) ने जेलेंस्की से कहा कि ट्रम्प के खिलाफ उनके बयानों ने अमेरिकी राष्ट्रपति को नाराज कर दिया है। इस पर जेलेंस्की ने सफाई में कहा कि उन्होंने कभी ऐसा कुछ नहीं कहा। दरअसल, ट्रम्प और जेलेंस्की के बीच इस महीने रूस से डीजल खरीदने के अमेरिकी फैसले, रूस पर कुछ प्रतिबंधों में ढील और यूक्रेन को अमेरिकी मदद सीमित करने जैसे मुद्दों पर कई बार बयानबाजी हुई है। पूरी खबर पढ़ें... 4. मॉडल श्रद्धा को 10 दिन के लिए जेल भेजा, लखनऊ पुलिस वैन में हाथ जोड़े, बोली- वकील से बात करिए मॉडल श्रद्धा दुबे को लखनऊ कोर्ट ने 10 दिन के लिए जेल भेज दिया। उसने वैन में बैठने के बाद मीडिया के सामने हाथ जोड़ लिए। उसके साथ बहन रश्मि और ड्राइवर को भी जेल भेजा गया। इससे पहले लखनऊ पुलिस श्रद्धा, बहन रश्मि और ड्राइवर दानिश को नागपुर से लखनऊ लाई थी। थाने में मुंह छिपाती रही: गुरुवार सुबह 10 बजे जब श्रद्धा हजरतगंज थाने पहुंची, तो अपना मुंह छिपाती दिखी। हाथ उठाकर नजर बचाते हुए थाने के अंदर गई। थाने में श्रद्धा से 6 घंटे 35 मिनट पूछताछ की गई। उसके अलावा बहन रश्मि और ड्राइवर दानिश से भी अलग-अलग पूछताछ हुई। पुलिसवालों के सामने जुबान नहीं खोली: सूत्रों के मुताबिक, पूछताछ के दौरान श्रद्धा पुलिस के सामने चुप्पी साधे रही। बार-बार यही कहती रही कि मुझसे नहीं, मेरे वकील से बात करिए। फिर पुलिस तीनों को एक ही वैन में बैठाकर सिविल अस्पताल में मेडिकल कराने ले गई। वहां 35 मिनट तक तीनों का मेडिकल हुआ। इसके बाद तीनों को कोर्ट में पेश किया गया। पढ़ें पूरी खबर… 5. भारत ने टी-20 में अपना सबसे बड़ा रनचेज किया, पहले मैच में न्यूजीलैंड को 4 विकेट से हराया, नमन के छक्के से जीत मिली भारत ने क्राइस्टचर्च में न्यूजीलैंड के खिलाफ पहला टी-20 मैच 4 विकेट से जीता। टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करते हुए न्यूजीलैंड ने भारत के खिलाफ अपने सबसे बड़े स्कोर की बराबरी की। 20 ओवर में 4 विकेट खोकर 225 रन बनाए। जवाब में भारत ने 19.4 ओवर में 6 विकेट खोकर टारगेट चेज कर लिया। संजू सैमसन ने 67 और कप्तान श्रेयस अय्यर ने 42 रन बनाए। नमन धीर ने सिक्स लगाकर जीत दिलाई। वे 15 बॉल पर 42 रन बनाकर नाबाद रहे। भारत ने टी-20 इंटरनेशनल में सबसे बड़ा टारगेट चेज करने का अपना रिकॉर्ड बनाया। इससे पहले भारत ने दो बार 2023 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ और 2026 न्यूजीलैंड के खिलाफ 209 रन का टारगेट चेज किया था। पूरी खबर पढ़ें... 6. दिल्ली नगर निगम में हंगामा, BJP-AAP के पार्षद भिड़े: माइक तोड़ने और फाइलें फेंकने की कोशिश की दिल्ली नगर निगम के सदन में प्रदूषण पर बहस के दौरान हंगामा हो गया। दिल्ली में प्रदूषण से कैसे निपटा जाए, इस पर सदन में चर्चा होनी थी। लेकिन बैठक शुरू होते ही जोरदार हंगामा, धक्का-मुक्की और तोड़फोड़ में बदल गई। भाजपा और आप के पार्षदों ने एक-दूसरे पर चिल्लाया, पानी फेंका और फाइलें उड़ाईं। इसमें कांग्रेस के पार्षद भी शामिल थे। हालात इतने बिगड़ गए कि मार्शलों को बीच-बचाव करके मेयर प्रवेश वाही को सुरक्षित बाहर निकालना पड़ा। दावा- आप पार्षदों ने ₹1 करोड़ की मांग की मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, सारा विवाद तब शुरू हुआ जब आप पार्षदों ने अपने-अपने वार्डों के विकास के लिए तुरंत फंड जारी करने की मांग की। इस पर मेयर वाही ने तुरंत 25 लाख रुपए देने का ऐलान किया, लेकिन AAP पार्षदों कम से कम 1 करोड़ रुपए की मांग की। पूरी खबर पढ़ें... 7. ड्राइविंग लाइसेंस के लिए टेस्ट में 75% अंक लाना होगा, पहले 60% अंक जरूरी था, कार्ड में नाम-पता बदलवाना फ्री अगर आपको नया ड्राइविंग लाइसेंस बनवाना है, तो अब टेस्ट में पास होने के लिए 75% अंक लाना होगा। पहले टेस्ट में पास होने के लिए कम से कम 60% अंक जरूरी था। परिवहन मंत्रालय ने ड्राइविंग लाइसेंस के नियमों का नया ड्राफ्ट तैयार किया है। इसके तहत कम से कम 30 मिनट का 'सेफ-ड्राइविंग ट्यूटोरियल' देखने के बाद टेस्ट पास करना जरूरी होगा। इसके अलावा सरकार ने आधार वेरिफिकेशन के जरिए ऑनलाइन मिलने वाली कुछ सर्विस की फीस माफ करने का प्रस्ताव दिया है। इसमें कार्ड में नाम, पता बदलवाने जैसी सर्विस शामिल हैं। वाटरप्रूफ PVC कार्ड मिलेगा: अब नया ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने या पुराना रिन्यू कराने पर आपको साधारण कागज के बजाय 'फॉर्म 7' वाला मजबूत और वाटरप्रूफ PVC कार्ड ही मिलेगा। ये दस्तावेज मान्य होंगे: पहचान, उम्र और पते के सबूत के तौर पर आप आधार कार्ड, पासपोर्ट, वोटर ID, ई-राशन कार्ड और जन्म प्रमाण पत्र का इस्तेमाल कर सकते हैं। पूरी खबर पढ़ें… आज का कार्टून ⚡ कुछ अहम खबरें हेडलाइन में… 1. नेशनल: सोनिया गांधी पहली बार सोशल मीडिया पर, इंस्टाग्राम अकाउंट बनाया: नई किताब का वीडियो शेयर किया, यह 10 नवंबर को लॉन्च होगी (पूरी खबर पढ़ें) 2. नेशनल: नेहा बोरा बोलीं-तिरंगा फहराने के लिए परमिशन की जरूरत नहीं:दिल्ली हाईकोर्ट में कहा- CJP के प्रदर्शन में मेरा रोल नहीं; पुलिस ने नोटिस दिया था (पूरी खबर पढ़ें) 3. इंटरनेशनल: सऊदी के एयरपोर्ट, तेल ठिकाने पर हूती विद्रोहियों का हमला: 1 भारतीय समेत 3 की मौत, 10 घायल; 16 दिन में यहां 6 बड़े हमले (पूरी खबर पढ़ें) 4. नेशनल: टाइगर पर फायरिंग से पहले शूटर्स ने प्रैक्टिस की थी: होटल में भी मिसफायर हुआ; 3 राज्यों से 10 आरोपी गिरफ्तार, इनमें 7 हरियाणा से (पूरी खबर पढ़ें) 5. नेशनल: CJP नेता सौरव-आशुतोष दिल्ली पुलिस के सामने पेश नहीं हुए: क्राइम ब्रांच से और समय मांगा, कल तिहाड़ से रिहा हुए; दीपके बोले- दोनों मुझसे बड़े नेता (पूरी खबर पढ़ें) 6. नेशनल: पोलिश PM भारत आए, मोदी ने ‘गुड महाराजा’ का जिक्र किया: दूसरे विश्व युद्ध के बाद उन्होंने पोलैंड के 1,000 बच्चों को गुजरात में शरण दी थी (पूरी खबर पढ़ें) 7. इंटरनेशनल: UN रिपोर्ट में दाऊद की डी-कंपनी को भारतीय गिरोह बताया: भारत नाराज; रिपोर्ट बनाने वाले अधिकारी पर चीन से पैसे लेने का आरोप (पूरी खबर पढ़ें) 8. बिजनेस: ऑनलाइन एपल स्टोर से सिर्फ 2 आईफोन खरीद सकेंगे:रिसेलिंग और जमाखोरी रोकने लिमिट लगाई, आईफोन डुओ की बिक्री कल से शुरू होगी (पूरी खबर पढ़ें) 9. बिजनेस: जियो IPO को दो दिन में मिला 5.39 गुना सब्सक्रिप्शन:आम निवेशकों का कोटा भी पूरा भरा, 23 अक्टूबर तक अप्लाई कर सकते हैं (पूरी खबर पढ़ें) 10. स्पोर्ट्स: श्रीलंका का वनडे में दूसरा सबसे बड़ा रनचेज:इंग्लैंड के खिलाफ 430 रन बनाए, लियानागे ने छक्का लगाकर जीत दिलाई (पूरी खबर पढ़ें) ️ बयान जो चर्चा में है... खबर हटके... चोर बना कपल हैदराबाद में एक कपल ने शादी के पैसे जुटाने के लिए बुजुर्ग महिला की सोने की चेन लूटी। CCTV की मदद से पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार किया गया। पूरी खबर पढ़ें... फोटो जो खुद में खबर है भास्कर की एक्सक्लूसिव स्टोरीज, जो सबसे ज्यादा पढ़ी गईं… 1. आज का एक्सप्लेनर: सौरव-आशुतोष जेल से छूटे, तो क्राइम ब्रांच ने बुलाया; CJP लीडर्स कानूनी जाल में कैसे उलझे, क्या बड़ा प्रोटेस्ट नहीं कर पाएंगे 2. ब्लैकबोर्ड: रेप से जन्मी है मेरी बेटी:प्रेग्नेंट हुई तो लड़के के घरवाले बोले- हमारा बेटा तो नपुंसक, ये बच्चा किसी और का है 3. जरूरत की खबर: किचन-सिंक में कभी न डालें 10 चीजें:जमेगी गंदगी, पाइप होगा ब्लॉक, सिंक हाइजीन मेन्टेन करने के 7 टिप्स 4. बुक रिव्यू: सुख बाहर नहीं, हमारे भीतर ही है:दुनियावी इच्छाओं की दौड़ से बाहर निकलो, मन के भीतर उतरो, यही सच्चे सुख का रास्ता है 5. पेरेंटिंग: हम दोनों जॉब करते हैं, बच्चे को कौन देखे:3 साल के बेटे को डे-केयर में भेजना चाहते हैं, क्या ये सही फैसला होगा 6. बर्थ एनिवर्सरी कादर खान: मस्जिदों में भीख मांगते थे, कब्रिस्तान में डायलॉग चिल्लाते हुए पहला ऑफर मिला, 'सर जी' नहीं कहने पर अमिताभ से दोस्ती टूटी 7. मध्य प्रदेश एक्सप्लेनर: भाजपा को घेरने निकले दिग्विजय, कांग्रेस ने बनाई दूरी:क्या बेटे को CM फेस बनाना चाहते हैं; अयोध्या तक यात्रा क्यों, UP में जमीन तलाश रहे? 8. भास्कर एक्सक्लूसिव: 150 करोड़ की जमीन की रजिस्ट्री, करोड़पति हेड कॉन्स्टेबल गवाह:धोखे से पावर ऑफ अटॉर्नी और रजिस्ट्री के आरोप, पत्नी का कंपनी से कनेक्शन 9. भास्कर एक्सक्लूसिव: श्रद्धा मुंबई जाकर हीरोइन बनना चाहती थी:म्यूजिक एल्बम शूट किया, एक्टिंग लोगों को पसंद नहीं आई; ‘पंटर’ मरने-मारने को रहते थे तैयार 10. भास्कर एक्सक्लूसिव: 13 हजार वोटर्स की धांधली पकड़ने वाला कांग्रेसी कौन:पहला क्लू साइबर कैफे से मिला, 3.48 लाख रिकॉर्ड खंगाले; चुनाव आयोग ने 2 को हटाया 11. भास्कर एनालिसिस: अखिलेश के लिए आजम क्यों जरूरी:क्या 2027 चुनाव से पहले जेल से बाहर आएंगे; पश्चिम की 30 सीटों पर असर 12. भास्कर एक्सक्लूसिव: संयम लोढ़ा बार-बार लॉरेंस गैंग के निशाने पर क्यों?:वजह- रंगदारी या पर्सनल दुश्मनी? पहले शूटर बुलाए, अब AK-47 से भूनने की धमकी 13. भास्कर एक्सक्लूसिव: नालंदा में तैनाती के दौरान SI पुष्पा ने खरीदी जमीनें: हिलसा में भी इन्वेट्समेंट की जानकारी; वारदात के दौरान शराब ले जा रहा पिकअप वैन का ड्राइवर अरेस्ट 14. MLC इलेक्शन: MLC प्रत्याशी नीरज से मिले पूर्व सीएम नीतीश कुमार:वोटिंग कल..8 सीटों पर 150 उम्मीदवार, 5.32 लाख वोटर्स; क्या जदयू कैंडिडेट की जमानत जब्त कराएंगे अनंत सिंह 15. MLC इलेक्शन: बिहार की पहली महिला CM की कुर्सी बचाने की कहानी:राबड़ी को MLC बनाने के लिए लालू के वफादार ने दिया इस्तीफा, नीतीश ने फॉलो किया 16. ग्राउंड रिपोर्ट: यमुनोत्री के लोग कर रहे मास्टरप्लान का इंतजार:चुनाव से पहले निर्दलीय विधायक धामी सरकार से नाराज; लोग बोले- इस बार BJP को जिताएंगे 17. भास्कर एक्सक्लूसिव: पंजाब- वह महिला, जो अमित शाह को देख रोने लगी: बेटे ने सुसाइड किया, जबरन अंतिम संस्कार, अस्थियां घर में रखीं; गृहमंत्री बोले- भोग में आऊंगा करेंट अफेयर्स करेंट अफेयर्स से जुड़ी अन्य जानकारी के लिए यहां क्लिक करें... ⏳आज के दिन का इतिहास बाजार का हाल ️ मौसम का मिजाज कर्क राशि वालों के नौकरीपेशा लोगों की तरक्की के योग और तुला वालों को विशेष अधिकार मिल सकते हैं। जानिए आज का राशिफल... आपका दिन शुभ हो, पढ़ते रहिए दैनिक भास्कर ऐप… मॉर्निंग न्यूज ब्रीफ को और बेहतर बनाने के लिए हमें आपका फीडबैक चाहिए। इसके लिए यहां क्लिक करें...
विश्व धरोहर कालका-शिमला रेलवे ट्रैक की खूबसूरती को प्रदूषण से बचाने की कवायद शुरू हो गई है। हाइड्रोजन फॉर हेरिटेज योजना के तहत ट्रैक को आधुनिक विस्तार देने तैयारी किया है।
सिंह मोड़ के पास घर से लैपटॉप की चोरी
जगन्नाथपुर थाना क्षेत्र में लगातार सामने आ रही चोरी और छिनतई की घटनाओं से स्थानीय लोगों की चिंता बढ़ रही है। सिंह मोड़ के कल्याणपुर में शक्तिनाथ लाल दास के आवास से लैपटॉप चोरी होने की घटना ने एक बार फिर क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय स्तर पर कभी चेन छिनतई, कभी बाइक चोरी तो कभी घरों में चोरी की घटनाओं की चर्चा सामने आती रहती है। इन घटनाओं से लोगों में असुरक्षा की भावना बढ़ रही है। लोगों का कहना है कि क्षेत्र में चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस को गश्त बढ़ाने और संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष नजर रखने की जरूरत है। क्षेत्रवासियों की मांग है कि चोरी और छिनतई की घटनाओं की गंभीरता से जांच हो, आरोपियों की पहचान कर कार्रवाई की जाए और आम लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए। लगातार हो रही घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाने के लिए पुलिस की सक्रियता जरूरी है।
बाबा विद्यापति स्मारक समिति के कार्यालय में कोजागरा पर्व 25 को
बाबा विद्यापति स्मारक समिति के कार्यालय में मंगलवार को अध्यक्ष जयंत झा की अध्यक्षता में बैठक हुई। इसमें सर्वसम्मति से 25 अक्टूबर को शरद पूर्णिमा के अवसर पर कोजागरा पर्व मनाने का निर्णय लिया गया। अध्यक्ष जयंत झा ने बताया कि मिथिलांचल में कोजागरा पर्व धूमधाम से मनाया जाता है। महालक्ष्मी को भोग लगाने के बाद प्रसाद समाज के लोगों में बांटा जाता है। बैठक में डॉ. पंकज रॉय, पूर्णेंदु ठाकुर, ज्ञानदेव झा, विश्व मोहन झा, उदित नारायण ठाकुर, आशु झा, वैद्य मनोज झा, राजेश झा, संतोष मिश्रा, विनय सिंह, रणजीत लाल दास, मृत्युंजय झा, राधेश्याम यादव, हेमंत झा और अनूप झा सहित अन्य सदस्य मौजूद थे।
कोकर सरना स्थल की चहारदीवारी निर्माण के लिए भूमिपूजन
कोकर स्थित गुरगुट मैदान के सरना स्थल में चहारदीवारी निर्माण की शुरुआत के लिए भूमि पूजन किया गया। कार्यक्रम केंद्रीय सरना समिति के अध्यक्ष अजय तिर्की के नेतृत्व में हुआ, जहां आदिवासी धार्मिक स्थलों को अतिक्रमण से बचाने और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग उठी। कहा कि राज्य में आदिवासियों के धार्मिक स्थलों पर कब्जे की शिकायतें मिल रही हैं।
ब्रह्माकुमारीज का वैश्विक शिखर सम्मेलन आज से
ब्रह्माकुमारीज संस्थान के 90 वर्ष पूरे होने पर शांतिवन में 23 अक्टूबर से वैश्विक शिखर सम्मेलन होगा। इसमें 6 हजार से अधिक हस्तियां शामिल होंगी। 24 अक्टूबर को सुबह 10 बजे शुभारंभ होगा। सम्मेलन का विषय ‘विश्व नवनिर्माण के लिए आध्यात्मिक जागृति’ है। इसमें केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन सहित कई विशिष्ट अतिथि भाग लेंगे।
कमड़े में दो दिवसीय संतमत सत्संग कल से
कमड़े के हनुमाननगर, रिंग रोड स्थित महर्षि मेंहीं कल्याण केंद्र परिसर में 24 अक्टूबर से दो दिवसीय संतमत सत्संग होगा। इसमें महर्षि संतसेवी महाराज के प्रधान शिष्य स्वामी आशुतोष गुरुस्नेही सहित स्वामी रामेश्वरानंद, जवाहर बाबा, लक्ष्मण बाबा और बालकृष्ण प्रवचन देंगे। कार्यक्रम सुबह छह और दोपहर दो बजे से शुरू होगा। यह जानकारी केंद्र के सचिव सच्चिदानंद ने दी।
फादर अजीत खेस 25 को संभालेंगे अध्यक्ष का पदभार
फादर अजीत खेस 25 अक्टूबर को दुमका में आयोजित कार्यक्रम में जेसुइट कॉन्फ्रेंस ऑफ साउथ एशिया के अध्यक्ष का पदभार ग्रहण करेंगे। इस पद पर उनकी जिम्मेदारी भारत के अलावा नेपाल, बांग्लादेश, भूटान और अफगानिस्तान में संचालित मिशन कार्यों के समन्वय की होगी। उनका मुख्यालय नई दिल्ली स्थित कार्यालय में रहेगा। फादर अजीत खेस ने बताया कि कॉन्फ्रेंस के अंतर्गत 20 प्रोविंस हैं, जिनमें करीब 4,000 जेसुइट कार्यरत हैं। भारत में जेसुइट संस्थाओं का प्रमुख फोकस शिक्षा के क्षेत्र में है। इनके माध्यम से देशभर में 418 स्कूल, नौ विश्वविद्यालय और उच्च शिक्षा के 70 केंद्र संचालित किए जा रहे हैं।इसके अलावा यूथ, मीडिया, पास्टोरल, सोशल और माइग्रेशन सेक्रेटेरियट के माध्यम से युवाओं, सामाजिक मुद्दों और प्रवासन से जुड़ी चुनौतियों पर भी काम किया जाता है। अध्यक्ष के रूप में फादर अजीत खेस की जिम्मेदारी इन क्षेत्रों में संचालित गतिविधियों के समन्वय और मिशन कार्यों को आगे बढ़ाने की होगी।
बालाजी मंदिर में वेद मंत्रों के उच्चारण से श्रद्धालु विभोर
श्री लक्ष्मी वेंकटेश्वर मंदिर में पापांकुशा एकादशी पर श्रद्धा और भक्ति का विशेष वातावरण रहा। उत्सव के अवसर पर सुबह से रात तक कर्मानुष्ठान और सेवाक्रम चले, जिनमें वेद मंत्रों व ऋचाओं के उच्चारण से परिसर गूंजता रहा। प्रातः वंदन, सुप्रभातम् और अन्य विधियों के बाद षोडषोपचार पूजा व तिरुवाराधना संपन्न हुई। इसके बाद नक्षत्र, कुंभ और घी की बाती से कई चरणों में महाआरती की गई। एकादशी के अनुरूप सावां दाना की खीर, साबूदाना-आलू की खिचड़ी, कुटू के पकोड़े, सिंघाड़े के हलवे और रायते सहित फलाहारी व्यंजनों का भोग लगाया गया। वेदध्वनियों, उपनिषदों और देशिक स्तोत्राणि के पाठ से महास्तुति हुई। बाद में गोपुरम का पट खुलते ही भक्तों की भीड़ उमड़ी और ‘’गोविंदा’’ के जयकारे गूंजे। अर्चक सत्यनारायण गौतम और नारायण दास ने अनुष्ठान कराए।
दिवाली-छठ से पहले वेतन भुगतान करे एचईसी प्रबंधन : शनि सिंह
एचईसी श्रमिक संघ यूनियन ने प्रबंधन से दिवाली और छठ महापर्व से पहले कर्मचारियों का वेतन भुगतान सुनिश्चित करने की मांग की है। यूनियन के अध्यक्ष शनि सिंह ने कहा कि कर्मचारियों का लगभग 32 महीने का वेतन बकाया है। वर्तमान में भी करीब 45 दिनों के अंतराल पर वेतन मिल रहा है, जिससे कर्मचारियों के परिवार आर्थिक संकट झेल रहे हैं। उन्होंने कहा कि त्योहारों के समय घरेलू खर्च और पारिवारिक जिम्मेदारियां बढ़ जाती हैं। कर्मचारियों से नियमित काम लेने के बाद समय पर वेतन देना प्रबंधन की जिम्मेदारी है। वेतन में देरी से कर्मचारियों की आर्थिक योजनाएं प्रभावित हो रही हैं। शनि सिंह ने मांग की कि त्योहारों से पहले वेतन भुगतान किया जाए, भुगतान व्यवस्था नियमित हो और बकाया वेतन चुकाने के लिए स्पष्ट समय-सीमा तय की जाए। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों के हितों की अनदेखी कर कंपनी को मजबूत नहीं बनाया जा सकता। प्रबंधन संवेदनशीलता दिखाते हुए तत्काल निर्णय ले, ताकि कर्मचारियों और उनके परिवारों को राहत मिल सके।
चिकित्सा शिविर में 170 लोगों ने कराई जांच
डॉ. आरके जायसवाल व उनके सहयोगियों की ओर से 17 से 20 अक्टूबर तक चार दिवसीय निःशुल्क चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया। इसमें लोगों की स्वास्थ्य जांच कर उन्हें निःशुल्क दवाएं वितरित की गईं। इस दौरान 170 से अधिक लोगों की जांच की गई और जरूरतमंदों को चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई गई। शिविर में निःशुल्क दवा वितरण के अलावा आकस्मिक स्वास्थ्य सेवाएं भी उपलब्ध कराई गईं। इस आयोजन का उद्देश्य जरूरतमंद लोगों तक चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाना था।
डोरंडा की खानकाह में गौसुल आजम की मजलिस में अमन-चैन, खुशहाली की दुआ
डोरंडा स्थित खानकाह-ए-मजहरिया मुनअममिया, फिरदौस नगर मणिटोला में जुमेरात को गौसुल आजम शेख अब्दुल कादिर जिलानी की नजर की मजलिस अकीदत के साथ हुई। मजलिस की सरपरस्ती सज्जादानशीन अल्लामा मौलाना अल्हाज सैयद शाह अलकमा शिब्ली कादरी अबुल ओलाई ने की। शहर के विभिन्न मोहल्लों से सैकड़ों अकीदतमंद जुटे और तिलावत-ए-कुरआन, हल्का-ए-ज़िक्र, नातख्वानी व मनकबतख्वानी का सिलसिला देर तक चला। जिक्र-ए-इलाही और बुजुर्गाने दीन की शान में पेश मनकबतों से माहौल रूहानी हो उठा। खानकाह के अराकीन ने बताया कि मजलिस का मकसद आपसी भाईचारे और नेक अमल की तरगीब देना है। कार्यक्रम में नियाज़-ए-खास और तबर्रुकाते गौसिया तकसीम किए गए। आखिर में सलातो-सलाम के साथ मुल्क में अमन-चैन, खुशहाली और इंसानियत की सलामती के लिए दुआ की गई।
झारखंड वैश्य मोर्चा का महाधिवेशन 30 से, तैयारियों की समीक्षा बैठक हुई
झारखंड प्रदेश वैश्य मोर्चा की केंद्रीय समिति की बैठक गुरुवार को रेडियम रोड स्थित होटल में हुई। अध्यक्षता केंद्रीय अध्यक्ष महेश्वर साहु और संचालन उप प्रधान महासचिव उपेंद्र प्रसाद ने किया। बैठक में 30-31 अक्टूबर को कांके के सामुदायिक भवन में होने वाले तृतीय महाधिवेशन की तैयारियों की समीक्षा की गई। पदाधिकारियों को जिला व प्रखंड स्तर पर बैठकें कर प्रतिनिधियों की सूची 28 अक्टूबर की केंद्रीय बैठक में लाने का निर्देश दिया गया। 30 अक्टूबर के खुले सत्र का उद्घाटन रक्षा राज्यमंत्री संजय सेठ करेंगे। राज्यसभा सांसद आदित्य साहु मुख्य अतिथि होंगे। समीर कुमार महासेठ, विजेंद्र चौधरी और विधायक नवीन जायसवाल सहित कई अतिथि शामिल होंगे। बैठक में समाज के हित, मान-सम्मान और अधिकारों के लिए सहयोग की अपील की गई। मौके पर हीरानाथ साहु, संजीव चौधरी, दिलीप प्रसाद, जगदीश साहु और रोहित कुमार साहु, डॉ. अरविंद कुमार, रांची जिलाध्यक्ष कृष्णदेव साहु, कार्यकारी अध्यक्ष राजेश कुमार साहु, उपाध्यक्ष नवीन साहु, महासचिव अजय कुमार साहु, युवा मोर्चा के अध्यक्ष हलधर साहु, अविनाश कुमार सहित कई पदाधिकारी उपस्थित थे।
बांग्ला स्कूल के पूर्व छात्रों ने लगाया शिविर
लियोनेल एडवर्ड बंगाली बॉयज हाई स्कूल (बांग्ला स्कूल) के पूर्व छात्र संघ की ओर से गुरुवार को सर्कुलर रोड स्थित केसी रॉय मेमोरियल चैरिटेबल हॉस्पिटल परिसर में निःशुल्क कान, नाक और गला (ईएनटी) चिकित्सा शिविर लगाया गया। सुबह 10 बजे से दोपहर 3:30 बजे तक चले शिविर में रांची के विभिन्न इलाकों से आए 50 से अधिक मरीजों ने स्वास्थ्य जांच कराई और चिकित्सकीय परामर्श लिया। शिविर का नेतृत्व नई दिल्ली के सर गंगाराम अस्पताल के डॉ. आशीष कुमार लाहिड़ी और केसी रॉय मेमोरियल चैरिटेबल हॉस्पिटल के ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. आरके पांडे ने किया।
छठ घाटों की साफ-सफाई, बिजली, कृत्रिम घाटों के निर्माण पर चर्चा हुई
महापर्व छठ व काली पूजा समितियों के प्रतिनिधियों ने नगर आयुक्त से मुलाकात कर आगामी पर्वों की तैयारियों पर चर्चा की। प्रतिनिधियों ने दुर्गा पूजा के सफल आयोजन के लिए रांची नगर निगम के प्रयासों की सराहना की और पिछले वर्ष छठ घाटों पर की गई व्यवस्थाओं को सराहनीय बताया। प्रतिनिधियों ने काली पूजा से पहले जरूरत वाले स्थानों पर स्टोन डस्ट उपलब्ध कराने, छठ घाटों की सफाई और बिजली व्यवस्था दुरुस्त करने का अनुरोध किया। श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए कृत्रिम घाटों के निर्माण के लिए जेसीबी मशीन और वाटर टैंकर उपलब्ध कराने की मांग भी रखी। नगर आयुक्त ने आवश्यकतानुसार सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि जल्द ही सभी छठ पूजा समितियों के साथ समन्वय बैठक होगी। इसमें घाटों की सफाई, बिजली, कृत्रिम घाटों के निर्माण और अन्य समस्याओं पर चर्चा कर समाधान के लिए जरूरी कदम उठाए जाएंगे। निगम ने छठ महापर्व को स्वच्छ, सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने तथा व्रतियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की प्रतिबद्धता जताई।
दक्षिण कोरिया में शोध पत्र प्रस्तुत करेंगे सीयूजे के डॉ. बीवी बिस्वास
रांची | सीयूजे के अंतरराष्ट्रीय संबंध विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ. बिभूति भूषण बिस्वास दक्षिण कोरिया के सियोल स्थित सियोल नेशनल यूनिवर्सिटी में आयोजित एशियन स्टडीज कांफ्रेंस में अपना शोध पत्र प्रस्तुत करेंगे। 26 से 29 अक्टूबर तक होने वाले इस अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में वे ‘जलवायु संवेदनशीलता की सीमाओं से परे: बांग्लादेश और म्यांमार में पर्यावरणीय विस्थापन तथा भारत पर इसके प्रभाव’ पर पेपर प्रेजेंट करेंगे। इसमें दोनों देशों में पर्यावरणीय विस्थापन के सीमा-पार प्रभावों और भारत पर पड़ने वाले असर का विश्लेषण किया गया है। शोध में जलवायु परिवर्तन, मानव विस्थापन और क्षेत्रीय चुनौतियों के आपसी संबंधों को रेखांकित किया गया है। सम्मेलन में लगभग 35 देशों के शोधकर्ताओं शामिल होंगे।
नशे से दूरी व हुनर से यारी: सजी विज्ञान, तकनीक व माटी के हुनर की अनूठी दुनिया
जब एक ही छत के नीचे अंतरिक्ष के रॉकेट का रोमांच हो, सूक्ष्मदर्शी में दिखता मच्छरों का संसार हो और झारखंड की पारंपरिक सोहराई कला में चमकता पीतल का जादू हो, तो उत्सुकता का आसमान छूना स्वाभाविक है। रांची क्लब में गुरुवार से तीन दिवसीय ‘स्वर्णिम भारत एक्सपो 2026’ का भव्य आगाज हुआ। इस प्रदर्शनी की परिकल्पना राज्यसभा सांसद व झारखंड भाजपा अध्यक्ष आदित्य प्रसाद साहू की रही। कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने युवाओं को नशे की गर्त से दूर रहकर शिक्षा, खेल, कौशल विकास और सृजनात्मक कार्यों से जुड़ने का आह्वान किया। उन्होंने जोर देकर कहा कि प्रधानमंत्री के ‘नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत’ के संकल्प को जनभागीदारी से ही सिद्धि तक पहुंचाया जा सकता है। समारोह में रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ, मेयर रोशनी खलखो, डिप्टी मेयर नीरज कुमार व विधायक सीपी सिंह सहित कई गणमान्य मौजूद रहे। शहर के विभिन्न स्कूलों से पहुंचे बच्चों की आंखों में नए भारत की तकनीकी और वैज्ञानिक उड़ान साफ दिखाई दी। माइक्रोस्कोप में दिखा ‘मच्छर का संसार’, डॉक्टरों ने दिए मच्छर से बचाव के टिप्स आईसीएमआर के स्टॉल पर डॉ. प्रवीण कुमार त्रिपाठी ने बच्चों को आधुनिक यंत्रों के जरिए दिखाया कि डेंगू, मलेरिया और फाइलेरिया फैलाने वाले मच्छर सूक्ष्म स्तर पर कैसे दिखते हैं। बच्चों ने मच्छर के डंक, आंख और पैरों की संरचना देख बचाव के उपाय और मेडिकेटेड मच्छरदानी का महत्व समझा। सोहराई पेंटिंग पर पीतल की नक्काशी है खास हजारीबाग की कलाकार रेणु कुमारी की पारंपरिक सोहराई चित्रकला और ब्रास (पीतल) वर्क के संगम ने आगंतुकों का ध्यान खींचा। इसमें झारखंड के किसान, जंगल और मांदर की थाप पर थिरकते कलाकारों की आकृतियों को फ्रेम किया गया है, जिनकी कीमत 1,500 से 3,000 रुपए तक है। इसरो का स्पेस कॉर्नर बना बच्चों की पहली पसंद इसरो के स्टॉल पर स्कूली विद्यार्थियों की सबसे ज्यादा भीड़ उमड़ी। यहां चंद्रयान, पीएसएलवी, एलवीएम और रीयूजेबल लॉन्च व्हीकल (RLV-TD) के मॉडल्स को देखकर बच्चे रोमांचित हुए। वहां मौजूद वैज्ञानिकों से स्टूडेंट्स व घूमने आए लोगों ने रॉकेट लॉन्चिंग की बारीकियां समझीं।
ज्ञान व संस्कृति का एक युग मौन हो गया
संस्कृत व भारतीय ज्ञान परंपरा के प्रखर अध्येता, रांची विश्वविद्यालय के स्नातकोत्तर संस्कृत विभाग के पूर्व अध्यक्ष डॉ. प्रो. जयनारायण पांडेय का 18 अक्टूबर की रात 11 बजे 88 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। उनके महाप्रयाण से झारखंड के बौद्धिक, शैक्षणिक और सांस्कृतिक जगत में एक ऐसा शून्य उत्पन्न हुआ है, जिसे भरना संभव नहीं। उनका जाना सिर्फ एक महान शिक्षाविद् का बिछुड़ना नहीं, बल्कि भारतीय संस्कारों की एक जीवंत धरोहर का शांत हो जाना है। आज समाज ने अपनी सनातन और लोक परंपराओं का एक सच्चा प्रहरी खो दिया है। उनका विचार, उनका सान्निध्य और शब्दों के जरिए समाज को राह दिखाने का संकल्प हमारी स्मृतियों में सदा प्रकाशवान रहेगा। दैनिक भास्कर परिवार से रहा आत्मीय और अटूट रिश्ता, धर्म व अध्यात्म पर लिखते रहे डॉ. प्रो. जयनारायण पांडेय वर्ष 2010 से ही वे ‘दैनिक भास्कर’ के पाठकों के लिए धार्मिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विषयों पर नियमित और प्रामाणिक लेखन कर रहे थे। विशेषकर लोक आस्था के महापर्व ‘छठ’ पर प्रकाशित उनके शोधपरक आलेख पाठकों के बीच बेहद लोकप्रिय और मार्गदर्शक सिद्ध होते थे। धर्म, दर्शन और कर्मकांड के सूक्ष्म रहस्यों को आम बोलचाल की भाषा में समझाना उनकी असाधारण विशेषता थी। वे हिंदी से एमए करने के बाद संस्कृत से भी एमए की पढा़ई की थी। आरयू में संस्कृत विभाग के विभागाध्यक्ष रहे। 31 जनवरी 1999 को सेवानिवृत्त होने के बाद भी प्रो. पांडेय निरंतर ज्ञान की साधना में लीन रहे। आकाशवाणी, दूरदर्शन और प्रिंट मीडिया के माध्यम से उन्होंने युवा पीढ़ी को अपनी जड़ों और गौरवशाली संस्कृति से जोड़ने का भागीरथ प्रयास किया। वे अपने पीछे तीन पुत्रों और नाती-पोतों से भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं।
तीरंदाजी सा सटीक हो पुलिस का लक्ष्य: 15वीं ऑल इंडिया पुलिस तीरंदाजी चैंपियनशिप शुरू
खेलगांव स्थित बिरसा मुंडा एथलेटिक्स स्टेडियम में गुरुवार को 15वीं अखिल भारतीय पुलिस तीरंदाजी प्रतियोगिता का रंगारंग आगाज हुआ। उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने कहा कि तीरंदाजी केवल खेल नहीं, बल्कि एकाग्रता, धैर्य और सटीकता की साधना है। पुलिस सेवा में भी यही गुण सफलता की कुंजी हैं। उन्होंने झारखंड को ‘लैंड ऑफ आर्चरी’ बताते हुए कहा कि इस राष्ट्रीय आयोजन की मेजबानी मिलना राज्य के लिए गौरव का क्षण है। उन्होंने साइबर ठगी पर विशेष चिंता जताते हुए आम जनता को आगाह किया कि मोबाइल पर ट्रैफिक चालान या अन्य झांसों के नाम पर आने वाली संदिग्ध APK फाइलों से सावधान रहें। इस अवसर पर डीजीपी तदाशा मिश्रा मौजूद रहीं।
वेब सीरीज ‘इंसानियत के दुश्मन’ की शूटिंग रांची में होगी
वेब्स ओटीटी (दूरदर्शन) के लिए निर्माणाधीन वेब सीरीज ‘इंसानियत के दुश्मन’ के द्वितीय शेड्यूल की शूटिंग रांची में नवंबर में शुरू होगी। 10 दिवसीय शूटिंग रांची के विभिन्न लोकेशनों पर होगी। इसमें रांची के साथ मुंबई, कोलकाता, पटना, लखनऊ, जमशेदपुर, धनबाद, बोकारो व हजारीबाग के कलाकार शामिल होंगे। 26 एपिसोड जल्द ही दिल्ली दूरदर्शन के प्रसिद्ध ओटीटी प्लेटफॉर्म ‘वेब्स ओटीटी’ पर प्रसारित होंगे। यह वेब सीरीज सस्पेंस, ड्रामा और सामाजिक संदेश से भरपूर है। इसके प्रत्येक एपिसोड की अवधि 45 मिनट हैं। सीरीज में छह गाने हैं। सुधा सिने मूवीज द्वारा निर्मित वेब सीरीज के निर्मात्री शबनम राज हैं। वेब सीरीज में दिखाया गया है कि कैसे कुछ रसूखदार लोग आम जनता का शोषण करते हैं और अंत में कानून और इंसाफ की जीत कैसे होती है। कहानी, पटकथा-संवाद, गीत व निर्देशक प्रभात राज हैं। मुख्य भूमिकाओं में बॉलीवुड अभिनेता दीपक पराशर, रीना सहाय, देवेश खान, राहुल सिंह, वर्षा ऋतु, दीपा, प्रभात राज, मधु सिंह, नवीन मोहंती, ऋषभ कुमार, मुरारी लाल गुप्ता, उत्कर्ष वाजपेयी, जनार्दन झा आदि हैं।
गैंगस्टर राहुल दुबे के घर पुलिस ने इश्तेहार चिपकाया
चंदवा थाना कांड संख्या 226/2025 में फरार चल रहे राहुल दुबे उर्फ जयशंकर दुबे समेत दो आरोपितों के घर पुलिस ने गुरुवार को इश्तेहार चिपकाया। न्यायालय के आदेश पर कुजू ओपी क्षेत्र के ट्रांसपोर्ट नगर स्थित शिव मंदिर के समीप दोनों आरोपितों के आवास पर यह कार्रवाई की गई। पुलिस के अनुसार, दूसरे आरोपित की पहचान राज विश्वकर्मा उर्फ राज कुमार करमाली के रूप में हुई है। दोनों को इस मामले में प्राथमिक अभियुक्त बनाया गया है। मामले में 11 अक्टूबर 2025 को प्राथमिकी दर्ज की गई थी। इसमें भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के साथ विस्फोटक पदार्थ अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज है। न्यायालय से आदेश मिलने के बाद पुलिस ने दोनों आरोपितों के घरों पर इश्तेहार चिपकाकर कानूनी प्रक्रिया पूरी की। दोनों आरोपित मामले में फरार चल रहे हैं। पुलिस की इस कार्रवाई को फरार आरोपितों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
जमीन कब्जा करने और मारपीट का आरोप, एसएसपी से लगाई गुहार
कडरू निवासी पुष्पलता गिरि ने एजी कॉलोनी स्थित अपनी जमीन पर कब्जे, मारपीट और धमकी देने का आरोप लगाते हुए एसएसपी से कार्रवाई की मांग की है। उनके अनुसार, प्लॉट संख्या 39-ए उनके पिता स्व. शालिग्राम गिरि को आवंटित था और वह 40 वर्षों से जमीन पर कब्जे का दावा कर रही हैं। आवेदन में निशी कुमारी पर कथित फर्जी दस्तावेजों से जमीन पर दावा करने का आरोप लगाया गया है। 13 जून को जबरन प्रवेश, ताला व सीसीटीवी कैमरा क्षतिग्रस्त करने के प्रयास और उनके दोनों बेटों से मारपीट का भी आरोप है। इस मामले में प्राथमिकी दर्ज हुई थी। पुष्पलता के मुताबिक, 15 अक्टूबर को भी विवाद हुआ और उनके बेटे पर झूठा आरोप लगाया गया। अरगोड़ा थाना में प्राथमिकी दर्ज नहीं होने पर उन्होंने एसएसपी से जांच और न्याय की गुहार लगाई है।
दुर्गा पूजा पंडाल में गरबा के दौरान मारपीट, युवक की कलाई टूटी, लॉकेट व रुपए छीनने का आरोप
विधानसभा थाना क्षेत्र के हटिया स्थित होटवासी के मिलन चौक स्थित नर्मदेश्वर शिव मंदिर परिसर में दुर्गा पूजा पंडाल में गरबा के दौरान मारपीट का मामला सामने आया है। काजल किरण सिंह की शिकायत पर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज की है। इसमें युवक की कलाई तोड़ने, सोने का लॉकेट और दो हजार रुपए छीनने तथा जानलेवा हमला करने का आरोप लगाया गया है। आवेदन के अनुसार, 18 अक्टूबर की रात करीब नौ बजे पंडाल में महिलाएं और लड़कियां गरबा कर रही थीं। इसी दौरान सुशांत सिंह दो दोस्तों के साथ वहां पहुंचे। आयोजकों ने उन्हें बाहर जाने को कहा, लेकिन वे नहीं माने। इसके बाद काजल के पुत्र शिवम कुमार सिंह और आठ-दस वॉलंटियर युवकों ने उन्हें बाहर जाने के लिए कहा। आरोप है कि इस पर सुशांत ने गाली-गलौज करते हुए शिवम से मारपीट शुरू कर दी। शिकायत के मुताबिक, विवाद के दौरान सुशील कुमार देव अपने बड़े बेटे सिद्धार्थ के साथ पहुंचे। आरोप है कि दोनों ने शिवम के साथ मारपीट कर जानलेवा हमला किया, जिससे उसकी कलाई टूट गई। गले से सोने का लॉकेट और दो हजार रुपए छीनने के साथ फोन पर धमकी देने का भी आरोप लगाया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
रिम्स में किडनी ट्रांसप्लांट की तैयारी, बाहर से बुलाए जाएंगे विशेषज्ञ डॉक्टर
झारखंड में किडनी ट्रांसप्लांट की सुविधा विकसित करने की तैयारी तेज हो गई है। रिम्स में प्रत्यारोपण शुरू करने के लिए विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम बनाई जाएगी। इसके लिए राज्य के तीन से चार योग्य चिकित्सकों को चयनित करने के साथ बाहर से एक-दो विशेषज्ञों को बुलाने की संभावना पर भी विचार किया गया है। वेल्लोर के सीएमसी अस्पताल के विशेषज्ञों का सहयोग लेने की भी तैयारी है, ताकि रिम्स के डॉक्टरों को प्रशिक्षण और व्यावहारिक अनुभव मिल सके। इससे किडनी की गंभीर बीमारी से जूझ रहे मरीजों को इलाज के लिए दूसरे राज्यों पर निर्भरता कम करने में मदद मिल सकती है। यह निर्णय गुरुवार को स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई अंग प्रत्यारोपण सलाहकार समिति की बैठक में लिया गया। इसमें रिम्स में किडनी ट्रांसप्लांट के लिए उपलब्ध चिकित्सकीय संसाधनों, विशेषज्ञ डॉक्टरों, आधारभूत संरचना और जरूरी सुविधाओं की समीक्षा की गई। अपर मुख्य सचिव ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक संसाधन और प्रशिक्षित चिकित्सक उपलब्ध कराने की दिशा में ठोस कदम उठाने का निर्देश दिया। बैठक में रिम्स के नेफ्रोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ. प्रज्ञा घोष पंत से किडनी ट्रांसप्लांट के लिए उपलब्ध सुविधाओं और विशेषज्ञों की जानकारी ली गई। अपर मुख्य सचिव ने अनुभवी सर्जनों को जोड़ने और जरूरत के अनुसार बाहर के विशेषज्ञों से सहयोग लेने पर जोर दिया। बैठक में स्वास्थ्य विभाग और रिम्स के कई वरिष्ठ चिकित्सक एवं अधिकारी उपस्थित थे। बैठक में अस्पतालों के रजिस्ट्रेशन और रिन्यूवल से जुड़े प्रस्तावों पर भी विचार किया गया। इसमें जमशेदपुर आई हॉस्पिटल, मेदांता अब्दुर रज्जाक अंसारी मेमोरियल वीवर्स हॉस्पिटल, पारस एचईसी हॉस्पिटल और ऑर्किड मेडिकल सेंटर के प्रस्ताव शामिल थे। इनमें मेदांता और पारस एचईसी के किडनी ट्रांसप्लांट संबंधी प्रस्तावों को स्वीकृति दी गई। अन्य प्रस्तावों पर निर्धारित मानकों और प्रक्रियाओं के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। राज्य में मस्तिष्क-मृत मरीजों के अंगदान और प्रत्यारोपण को व्यवस्थित बनाने के लिए सरकार ने संबंधित दिशा-निर्देशों को स्वीकृति दी है। इनमें ब्रेन डेथ की अनिवार्य घोषणा, गैर-प्रत्यारोपण केंद्रों से अंग प्राप्त करने, पोस्टमार्टम से जुड़े मामलों और अंगों को समय पर पहुंचाने के लिए ग्रीन कॉरिडोर बनाने की व्यवस्था शामिल है। सलाहकार समिति की बैठक में स्वास्थ्य मंत्री व अन्य।
एग्रीकल्चर व अन्य कोर्सों के लिए 25 तक आवेदन
एग्रीकल्चर समेत विभिन्न पाठ्यक्रमों में तीन राउंड की काउंसिलिंग के बाद भी खाली रह गईं सीटों को भरने के लिए झारखंड संयुक्त प्रवेश प्रतियोगिता परीक्षा पर्षद (जेसीईसीईबी) ने सत्र 2026-27 में नामांकन के लिए विशेष चक्र की ऑनलाइन काउंसिलिंग के लिए शेड्यूल जारी कर दिया है। रजिस्ट्रेशन और चॉइस फिलिंग शुरू हो चुकी है, जिसकी 25 अक्टूबर अंतिम तिथि है। इस राउंड में नए अभ्यर्थियों के साथ पहले नामांकन ले चुके विद्यार्थियों को भी पाठ्यक्रम या संस्थान बदलने का अवसर मिलेगा। 26 अक्टूबर को भरे गए विकल्पों में संशोधन का मौका मिलेगा। 27 अक्टूबर से 4 नवंबर तक प्रोविजनल सीट अलॉटमेंट लेटर जारी किया जाएगा। इसके बाद 28 अक्टूबर से 4 नवंबर तक संबंधित संस्थानों में दस्तावेजों का वेरिफिकेशन और एडमिशन होगा।
राष्ट्रीय सरस मेला : 14 स्टॉलों पर सजे एसएचजी के उत्पाद
रांची|राष्ट्रीय सरस मेला 2026 में झारखंड की ग्रामीण महिलाओं की उद्यमशीलता, नवाचार और आत्मनिर्भरता का परचम लहराया है। झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी (जेएसएलपीएस) के तत्वावधान में मेले में राज्य की ओर से कुल 14 स्टॉल लगाए गए, जिनके माध्यम से स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) और ग्रामीण उद्यमों द्वारा तैयार पारंपरिक व विशिष्ट उत्पादों को राष्ट्रीय पटल पर प्रदर्शित किया गया। इन स्टॉलों में विशेष रूप से शामिल ‘दीदी कैफे' ने आगंतुकों का ध्यान आकर्षित किया। मेले के दौरान झारखंड की स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी ग्रामीण महिलाओं को राष्ट्रपति का स्वागत करने का गौरव प्राप्त हुआ। इसके साथ ही महिलाओं ने ‘लंच विद लखपति दीदी' पहल में सक्रिय रूप से भाग लेकर ग्रामीण स्तर पर आ रहे आर्थिक बदलाव की प्रेरक कहानी साझा की। बता दें कि राष्ट्रीय सरस मेला 2026 का आयोजन 13 से 31 अक्टूबर तक आंध्र प्रदेश के विजयवाड़ा स्थित पुन्नमी घाट पर किया जा रहा है।
4 प्रमुख संस्थानों तक पहुंचा भारत गढ़ो अभियान
रांची| रामकृष्ण मिशन आश्रम, रांची की ओर से आयोजित 56वीं ‘भारत गढ़ो’ क्विज एवं निबंध लेखन प्रतियोगिता 2026-27 में एक लाख पंजीयन का लक्ष्य रखा गया है। प्रतियोगिता में पंजीयन पूरी तरह निःशुल्क है। क्विज और निबंध लेखन ऑनलाइन होंगे। पंजीयन की अंतिम तिथि 30 नवंबर 2026 है। अभियान को गति देने के लिए गवर्नमेंट टीचर्स ट्रेनिंग कॉलेज, कांके के सहायक प्राध्यापक डॉ. ओम प्रकाश ने सेंट जेवियर्स कॉलेज के उप-प्राचार्य रेव. डॉ. अजय मिंज, सेंट पॉल्स कॉलेज के प्राचार्य डॉ. मनोज तिग्गा, मारवाड़ी कॉलेज के प्राचार्य डॉ. मनोज कुमार और अमर शहीद ठाकुर विश्वनाथ शाहदेव जिला सीएम स्कूल ऑफ एक्सीलेंस की प्राचार्या डॉ. यास्मीन गलारिया से मुलाकात की।
भेल के नए सीएमडी के लिए आज होगा इंटरव्यू
रांची| भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (भेल) के चेयरमैन-कम-मैनेजिंग डायरेक्टर (सीएमडी) पद के लिए आठ अधिकारियों को शॉर्टलिस्ट किया गया है। इनमें भेल के चार आंतरिक और चार बाहरी उम्मीदवार शामिल हैं। सभी का इंटरव्यू 23 अक्टूबर को निर्धारित है। भेल के वर्तमान सीएमडी केएस मूर्ति एचईसी के सीएमडी की जिम्मेदारी भी संभाल रहे हैं। वे 28 फरवरी को सेवानिवृत्त होंगे। भेल के नए सीएमडी के चयन के साथ एचईसी में कार्यवाहक सीएमडी की व्यवस्था को लेकर भी आगे की स्थिति महत्वपूर्ण होगी। हालांकि, एचईसी में नेतृत्व परिवर्तन को लेकर अभी किसी आधिकारिक निर्णय की जानकारी नहीं है।
बिरसा जैविक उद्यान में नन्हे दरियाई घोड़े का जन्म, संख्या बढ़कर 11
भगवान बिरसा जैविक उद्यान, ओरमांझी में गुरुवार की सुबह एक नन्हे दरियाई घोड़े का जन्म हुआ। मादा दरियाई घोड़ा मोनी ने स्वस्थ बच्चे को जन्म दिया। इसके साथ ही उद्यान में दरियाई घोड़ों की संख्या बढ़कर 11 हो गई है। मोनी, दरियाई घोड़े लालू और लिली की बेटी है। उसका जन्म 20 जनवरी 2023 को हुआ था। अब मोनी के मां बनने से उद्यान में वन्यजीवों के प्रजनन और संरक्षण के प्रयासों को नई सफलता मिली है। उद्यान के निदेशक जब्बर सिंह ने कहा कि नन्हे दरियाई घोड़े का जन्म उद्यान के लिए खुशी की बात है। यह वन्यजीवों के सफल प्रजनन और संरक्षण की दिशा में सकारात्मक संकेत है। उद्यान प्रबंधन सभी वन्यजीवों की उचित देखभाल और संरक्षण पर विशेष ध्यान दे रहा है। उन्होंने बताया कि नवजात दरियाई घोड़े और उसकी मां के स्वास्थ्य पर लगातार नजर रखी जा रही है, ताकि दोनों स्वस्थ रहें।
बड़ी राहत... गोरखपुर, जयनगर और बनारस के लिए चलेंगी 3 स्पेशल ट्रेनें
रांची| दीपावली और छठ पर यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए रेलवे रांची से तीन और स्पेशल ट्रेनें चलाने की तैयारी कर रहा है। ये ट्रेनें बनारस, जयनगर और गोरखपुर के लिए प्रस्तावित हैं। अगले सप्ताह से इनके परिचालन की उम्मीद है। फिलहाल रांची से सात स्पेशल ट्रेनें चल रही हैं। तीन नई ट्रेनें शुरू होने पर इनकी संख्या बढ़कर 10 हो जाएगी। इससे रांची, बोकारो और धनबाद के यात्रियों को राहत मिलने की उम्मीद है। प्रस्तावित योजना के अनुसार, जयनगर जाने वाली ट्रेन मुरी, कोटशिला, चित्तरंजन, किऊल, झाझा, बरौनी और समस्तीपुर होकर चलेगी। गोरखपुर के लिए धनबाद-गया या किऊल-बरौनी-छपरा रूट पर विचार किया जा रहा है। डीआरएम करुणानिधि सिंह ने बताया कि गया रूट से बनारस तक कनेक्टिविटी मिलने की संभावना है। बनारस के लिए वाया टोरी रूट का विकल्प भी देखा जा रहा है। हालांकि, ट्रेनों के परिचालन की तारीख, रूट और समय-सारणी की आधिकारिक घोषणा अभी नहीं हुई है। त्योहारों के दौरान बेहतर यात्री सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से गुरुवार को दक्षिण पूर्व रेलवे के रांची मंडल के स्टेशनों पर रेल जन संवाद-2026 आयोजित किया गया। रांची स्टेशन पर डीआरएम करुणानिधि सिंह ने यात्रियों से बातचीत कर उनकी समस्याएं और सुझाव सुने। यात्रियों ने टिकट की श्रेणी के अनुरूप वेटिंग रूम, प्लेटफॉर्म टिकट, ट्रेनों की लेटलतीफी और सफाई व्यवस्था से जुड़े मुद्दे उठाए।डीआरएम ने टिकट काउंटर, सामान्य एवं उच्च श्रेणी के प्रतीक्षालय, शौचालय और प्लेटफॉर्म का निरीक्षण भी किया। इस दौरान वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक विनोद कुमार, मंडल सुरक्षा आयुक्त ए.के. पांडे और वरिष्ठ मंडल विद्युत अभियंता (सामान्य) एस.सी. महंती समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे। रेलवे ने यात्रियों की शिकायतों पर कार्रवाई के लिए तीन श्रेणियां निर्धारित की हैं। पहली श्रेणी में तत्काल दूर की जा सकने वाली समस्याओं पर प्राथमिकता से कार्रवाई होगी। दूसरी श्रेणी की शिकायतें संबंधित विभागों को भेजी जाएंगी
युवक पर रॉड से हमला, फायरिंग का भी आरोप
दुर्गा पूजा घूमकर लौट रहे एक युवक पर रॉड से हमला करने और फायरिंग करने का आरोप लगा है। घटना 20 अक्टूबर की शाम करीब 5:30 से 6 बजे के बीच की बताई जा रही है। इस संबंध में सेल सिटी, जोहार नगर न्यू पुंदाग निवासी रोहन राज (20) ने धुर्वा थाना प्रभारी को लिखित आवेदन देकर आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है। रोहन राज के आवेदन के अनुसार, वह 20 अक्टूबर को अपने वाहन से स्मार्ट सिटी की ओर गया था। वहां से लौटने के दौरान कार में सवार तीन लोगों ने उसकी गाड़ी के सामने अपनी कार लगा दी। इससे उसे मजबूरन वाहन रोकना पड़ा। युवक ने बताया कि कार से उतरे तीनों लोगों ने रॉड के साथ उसकी गाड़ी को तीन तरफ से घेर लिया और वाहन खोलने का प्रयास किया। गाड़ी नहीं खुलने पर आरोपियों ने रॉड से उस पर हमला कर दिया। उसने किसी तरह मौके से भागकर अपनी जान बचाई। आवेदक ने आरोप लगाया है कि मौके से भागने के दौरान पीछे से फायरिंग भी की गई। फिलहाल फायरिंग की पुष्टि नहीं हुई है न ही घटनास्थल से किसी कारतूस की बरामदगी हुई है।
रांची यूनिवर्सिटी में यूजीसी रेगुलेशन-2022 के तहत के पीएचडी के 29 विषयों में एडमिशन के लिए गुरुवार से वीसी प्रो. सरोज शर्मा की मॉनिटरिंग में इंटरव्यू शुरू हुआ। पहले दिन 13 विषयों के लिए 227 अभ्यर्थियों का इंटरव्यू होना था, इनमें 194 पहुंचे, जबकि 33 अनुपस्थित रहे। कुल उपस्थिति 85.46% दर्ज की गई। इसमें उपस्थिति की दो तरह की तस्वीरें सामने आईं। जियोलॉजी, खड़िया, खोरठा और कुड़माली में सभी अभ्यर्थी इंटरव्यू देने पहुंचे। वहीं, एंथ्रोपोलॉजी में तीनों अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। विभाग की एचओडी ने अनुपस्थित अभ्यर्थियों से बात की, जिसमें एक ने कहा कि प्लेन कैंसिल हो गया। वहीं दो ने आने में असमर्थता जताई। इंटरव्यू की व्यवस्था और संचालन का जायजा लेने के लिए रिसर्च डायरेक्टर डॉ. परवेज हसन विभिन्न विभागों में पहुंचे। हर विभाग में तय गाइडलाइन के अनुसार इंटरव्यू संचालित किए जा रहे थे। पहले दिन फिलॉस्फी में सबसे अधिक 34 अभ्यर्थियों को इंटरव्यू में शामिल होना था। इनमें 7 अनुपस्थित रहे। जूलॉजी में 32 में से 26, कॉमर्स में 30 में से 27, हिंदी में 30 में से 28 और जियोग्राफी में 30 में से 26 अभ्यर्थी पहुंचे। अंग्रेजी में 25 में से 21, जियोलॉजी में पांचों, होम साइंस में आठ में से 6 अभ्यर्थियों ने इंटरव्यू दिया। खड़िया में तीनों, खोरठा में सभी छह, कुड़ुख में 15 में से 13, कुड़माली में सभी छह इंटरव्यू दिए। इसके उलट एंथ्रोपोलॉजी में तीनों अनुपस्थित रहे। पीएचडी दाखिले के लिए आयोजित साक्षात्कार में 85% अभ्यर्थियों की उपस्थिति शोध के प्रति उनकी गंभीरता और अकादमिक प्रतिबद्धता को दर्शाती है। हमारा प्रयास है कि चयन प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी, निष्पक्ष और गुणवत्तापूर्ण हो, ताकि योग्य अभ्यर्थियों को शोध का अवसर मिले और विश्वविद्यालय में उत्कृष्ट शोध संस्कृति विकसित हो। - डॉ. परवेज हसन, रिसर्च डायरेक्टर, आरयू
दुर्गा पूजा मूर्ति विसर्जन संपन्न होते ही रांची नगर निगम ने शहर के प्रमुख जलाशयों में विशेष सफाई अभियान छेड़ दिया है। विसर्जन के तुरंत बाद 18 प्रमुख जलस्रोतों से प्रतिमाओं के अवशेष और पूजन सामग्री बाहर निकालने के लिए 600 सफाई मित्रों को उतारा गया। इसके साथ ही आगामी लोक आस्था के महापर्व छठ को लेकर नगर निगम ने 74 तालाबों के घाटों की सूरत संवारने का महाअभियान शुरू कर दिया है, जिसकी कमान 1200 से अधिक सफाई मित्रों के हाथों में सौंपी गई है। निगम का दोहरा लक्ष्य है- एक तरफ विसर्जन के तुरंत बाद जलाशयों को प्रदूषण मुक्त कर पर्यावरण को बचाना, और दूसरी तरफ छठ व्रतियों व श्रद्धालुओं को समय से पहले स्वच्छ, सुरक्षित और सुव्यवस्थित घाट उपलब्ध कराना। अक्सर विसर्जन के हफ्ते भर बाद तक प्रतिमाओं का ढांचा पानी में सड़ता रहता था, जिससे छठ के समय पानी आचमन और अर्घ्य देने लायक नहीं बचता था। इस बार विसर्जन के 24 घंटे के भीतर 600 कर्मियों को उतारकर अवशेष निकालना और उसी रफ्तार से छठ के लिए 1200 कर्मचारियों को तैनात करना नगर निगम की व्यवस्था में बेहतर तालमेल को दर्शाता है। प्रतिमा विसर्जन के बाद पानी में घुलने वाले हानिकारक तत्वों, थर्माकोल, कपड़े और बांस-लकड़ी के अवशेषों से जलाशयों को दूषित होने से बचाना और आगामी छठ महापर्व के लिए घाटों को समय रहते तैयार करना जरूरी था। जलाशयों का पानी गंदा और बदबूदार होने से बचेगा। समय पूर्व सफाई शुरू होने से छठ व्रतियों को अर्घ्य देने के लिए स्वच्छ जल और सुरक्षित सीढ़ियां उपलब्ध होंगी। छठ पूजा के लिए घाटों की स्थिति बेहतर मिलेगी। निगम ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे पूजन सामग्री, प्लास्टिक या वस्त्र सीधे पानी में न फेंकें और कचरा निर्धारित स्थान पर ही डालें। छठ महापर्व तक 74 तालाबों और घाटों की नियमित निगरानी, रास्तों की सफाई, प्रकाश व्यवस्था और सुरक्षा बैरिकेडिंग की व्यवस्था पूरी की जाएगी।
जयपुर से नई दिल्ली के रास्ते रांची तक कोकीन और नशीली दवाइयों की सप्लाई कई महीनों से किए जाने की बात सामने आई है। हैरानी की बात यह है कि इस दौरान पुलिस को इसकी भनक तक नहीं लगी। रांची के अलावा जमशेदपुर और गिरिडीह के युवक कथित तौर पर पूरे सिंडिकेट का संचालन कर रहे थे। मामले की जांच कर रहे अधिकारियों को आरोपियों के मोबाइल फोन से यूनाइटेड किंगडम (यूके), अमेरिका और थाईलैंड के अंतरराष्ट्रीय मोबाइल नंबर मिले हैं। अब पुलिस और नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) के विशेषज्ञ इन नंबरों के आधार पर संभावित अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन की जांच कर रहे हैं। जांच अधिकारियों के सामने सबसे बड़ा सवाल यह है कि भारत में उत्पादित नहीं होने वाली महंगी कोकीन झारखंड तक कैसे पहुंची। अधिकारियों को आशंका है कि अंतरराष्ट्रीय तस्करों से सीधे संपर्क के जरिए खेप महानगरों के रास्ते झारखंड लाई जा रही थी। इस कड़ी में आरोपियों के पासपोर्ट और विदेश यात्राओं के रिकॉर्ड भी खंगाले जा रहे हैं। हालांकि, विदेशी नंबरों की मौजूदगी से अंतरराष्ट्रीय तस्करी में सीधे संलिप्तता अभी साबित नहीं हुई है। लेकिन दुनिया में कोकीन की करीब 65 से 70 प्रतिशत आपूर्ति दक्षिण अमेरिका के एंडीज क्षेत्र के कोलंबिया, पेरू और बोलीविया से होती है। इसी पृष्ठभूमि में जांच अधिकारी यह पता लगाने में जुटे हैं कि झारखंड पहुंची कोकीन का स्रोत क्या था और क्या इसके तार विदेशी तस्करों से जुड़े हैं। फिलहाल अंतरराष्ट्रीय नंबरों, आरोपियों की विदेश यात्राओं और कथित सप्लाई रूट की जांच जारी है। एनसीबी को शोभित सहाय उर्फ गोलू नाम के युवक के भी सिंडिकेट में सक्रिय सदस्य होने की जानकारी मिली है। वह फिलहाल फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। जांच अधिकारियों को उम्मीद है कि शोभित की गिरफ्तारी से गिरोह के अन्य सदस्यों, सप्लाई नेटवर्क और नशीले पदार्थों की खरीद-बिक्री से जुड़े लोगों के बारे में जानकारी मिल सकती है। सिंडिकेट में शामिल 6 आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद जांच में इस बात की जानकारी मिली है कि अलग-अलग इवेंट कंपनी पिछले कई महीनों से खास दिनों पर रेव पार्टी का आयोजन करती थी। इस पार्टी में पुलिस की खलल ना पड़े, इसके लिए ग्रामीण इलाकों को चिह्नित किया जाता था। वहां देर रात तक पार्टी का आयोजन किया जाता था, जिसमें लड़के-लड़कियां पहुंचते थे और कोकीन के अलावा नशीली दवाइयों का सेवन करते थे। जांच एजेंसियों को यह भी जानकारी मिली है कि नामकुम के होरहाप जंगल और खूंटी रोड स्थित हुटार चौक के पास भी रेव पार्टी का आयोजन किया गया था, जिसमें इवेंट कंपनी के संचालक ने कोकीन की सप्लाई की थी। ऐसे में अब इन इवेंट कंपनी संचालकों के बारे में भी जानकारी जुटाकर उनके खिलाफ साक्ष्य जुटाने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि कार्रवाई की जा सके। पूरे नेटवर्क की रीढ़ माने जाने वाले रांची के हर्ष की तलाश में पुलिस टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। अधिकारियों के मुताबिक हर्ष का राजनीति और नौकरशाही के गलियारों में गहरा रसूख है, जिसका इस्तेमाल वह ड्रग्स नेटवर्क को ढाल देने में करता था। इसके साथ ही जयपुर में बैठकर नेटवर्क को फाइनेंस और लॉजिस्टिक्स देने वाले रजत जैन के रिश्तेदार आर. जैन को भी नामजद कर लिया गया है। कोकीन और अन्य नशीली दवाइयां रजत जैन ही रेलवे स्टेशन के पास रिसीव करता था, जिसके बाद संबंधित जगह पर पहुंच कर वह सिंडिकेट में शामिल आकाश मल्होत्रा को देकर चला जाता था। इसके बाद आकाश बोड़ेया रोड स्थित युवती के फ्लैट पहुंचता था, जहां स्नेहा की मदद से नशीले पदार्थ छुपाकर रखे जाते थे। गिरोह का सरगना मिलन सिंह को बताया गया है।
मिठाई में मिला कॉकरोच, मां तारा मिष्ठान्न भंडार को नोटिस
त्योहारों के मौसम में मिठाइयों की गुणवत्ता और स्वच्छता को लेकर खाद्य सुरक्षा विभाग की जांच में गंभीर खामियां सामने आई हैं। राजधानी के कांके रोड स्थित मां तारा मिष्ठान्न भंडार में गुरुवार को निरीक्षण के दौरान मिठाइयों के आसपास कॉकरोच दिखाई दिए। वहीं, खाद्य पदार्थों के डिब्बों पर जरूरी लेबलिंग भी नहीं मिली। विभाग ने प्रतिष्ठान संचालक को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। संतोषजनक जवाब नहीं मिलने या नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होने पर केस दर्ज करने की चेतावनी दी गई है। खाद्य सुरक्षा अधिकारी मनोज कुमार के मुताबिक, निरीक्षण के दौरान मिली खामियों को गंभीरता से लेते हुए प्रतिष्ठान को नोटिस दिया गया है। संचालक का जवाब मिलने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। इसी महीने तीन बार हुई जांच व कार्रवाई : 14 अक्टूबर को रेलवे स्टेशन के सामने स्थित एक रेस्टोरेंट में जांच के दौरान 3.5 किलोग्राम खराब पनीर मिला था, जिसे नष्ट कराया गया। 12 अक्टूबर को चांदनी चौक स्थित कावेरी रेस्टोरेंट में कॉकरोच व एक्सपायरी मिठाइयां मिलने पर कार्रवाई की गई थी। 9 अक्टूबर को मोरहाबादी में 40 फूड स्टॉलों का निरीक्षण कर खराब खाद्य सामग्री को नष्ट कराया गया था।
मजिस्ट्रेट-पुलिस हटते ही जयपाल सिंह स्टेडियम का गेट लोगों ने उखाड़ दिया
कचहरी रोड स्थित जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम की सुरक्षा में तैनात मजिस्ट्रेट और पुलिसकर्मियों के हटते ही गुरुवार को अज्ञात लोगों ने मुख्य गेट उखाड़कर बगल में फेंक दिया। 17 दिनों से सुरक्षा में तैनात 10 महिला समेत 20 पुलिसकर्मियों के हटने के बाद कुछ लोग पार्क में प्रवेश करने पहुंचे। गेट पर लगे ताले और सील को तोड़ने में सफलता नहीं मिली, तो उन्होंने मिलकर एक तरफ से गेट ही उखाड़ दिया। इसके बाद पार्क में लोगों का आना-जाना शुरू हो गया। जेपीएससी-जेएसएससी के विरोध में छात्रों के धरना-प्रदर्शन के बाद स्टेडियम के गेट में ताला लगा दिया गया था। निगम ने 6 अक्टूबर की रात किया था सील 6 अक्टूबर की देर शाम विवाद बढ़ने के बाद नगर आयुक्त के निर्देश पर रात करीब 8 बजे स्टेडियम के मुख्य द्वार पर ताला लगाकर सील कर दिया गया था।
बंगाल की खाड़ी में बन रहा निम्न दबाव का क्षेत्र, रांची समेत राज्य में 27-28 को बारिश के आसार
बंगाल की खाड़ी में बन रहे निम्न दबाव के क्षेत्र का असर झारखंड के मौसम पर पड़ सकता है। मौसम विभाग के अनुसार, उत्तरी बांग्लादेश और पूर्वोत्तर झारखंड के आसपास समुद्र तल से 1.5 किमी की ऊंचाई पर चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। वहीं, उत्तरी अंडमान सागर के ऊपर बना चक्रवाती परिसंचरण पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ गया है। इसके प्रभाव से 23 अक्टूबर से दक्षिण-पूर्वी और उससे सटे पूर्वी मध्य बंगाल की खाड़ी में निम्न दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है। ऐसे में रांची समेत झारखंड के मौसम में संभावित बदलाव पर नजर रहेगी। मौसम विभाग के अनुसार 27 अक्टूबर को आंशिक बादल छाए रहेंगे। राज्य के उत्तर-पूर्वी भागों में कहीं-कहीं पर गर्जन के साथ बारिश होने की संभावना है। 28 अक्टूबर को भी आसमान में बादल छाए रहेंगे। कुछ स्थानों पर हल्के से मध्यम दर्जे की वर्षा होने की संभावना है। भास्कर एक्सपर्ट - अभिषेक आनंद, मौसम वैज्ञानिक 27 को उत्तर-पूर्वी जिलों में गर्जन के साथ बारिश बंगाल की खाड़ी में निम्न दबाव का क्षेत्र बन रहा है। इसके कारण 1-2 दिन रांची समेत राज्यभर में मौसम में बदलाव होने की संभावना है। 27 अक्टूबर को उत्तर-पूर्वी जिलों में गर्जन के साथ बारिश हो सकती है। वहीं, 28 अक्टूबर को उत्तर-पूर्वी, मध्य और दक्षिणी झारखंड में हल्की से मध्यम बारिश के आसार हैं। 3 दिन बाद 2-3 डिग्री न्यूनतम तापमान बढ़ेगा: मौसम विभाग के अनुसार, राज्य में अगले पांच दिनों के दौरान अधिकतम तापमान में विशेष बदलाव नहीं होगा। न्यूनतम तापमान भी लगभग स्थिर रहेगा। इसके बाद न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक वृद्धि होने की संभावना है। जबकि तीन दिन बाद रात के तापमान में बढ़ोतरी से सुबह व रात की ठंड में कुछ कमी हो सकती है।
सीए इंटर का रिजल्ट निकला:मुंबई के नील व नासिक की चंडक नेशनल टॉपर, रांची के रुद्र स्टेट टॉपर
चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए) बनने की चुनौती का अंदाजा सितंबर 2026 की इंटरमीडिएट परीक्षा के नतीजों से लगाया जा सकता है। इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (आईसीएआई) ने गुरुवार को रिजल्ट जारी किया। राष्ट्रीय स्तर पर मुंबई के नील राजेश शाह और नासिक की चंडक साक्षी ने 600 में 502-502 अंक (83.67%) लाकर संयुक्त रूप से पहला स्थान हासिल किया। वहीं, रांची केंद्र पर रुद्र राज डॉन 423 अंक के साथ टॉपर बने। तंजील कौसर 364 अंकों के साथ दूसरे और सिद्धार्थ जैन 352 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर रहे। रांची केंद्र पर दोनों ग्रुप की परीक्षा देने वाले 122 अभ्यर्थियों में से 14 ही दोनों ग्रुप पास कर सके। केवल प्रथम ग्रुप की परीक्षा देने वाले 320 अभ्यर्थियों में से 73 और केवल द्वितीय ग्रुप की परीक्षा देने वाले 133 में से 34 सफल हुए। देश-विदेश के 583 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित परीक्षा में कुल 1,60,887 अभ्यर्थी शामिल हुए। राष्ट्रीय स्तर पर प्रथम ग्रुप में 1,00,301 अभ्यर्थियों में से 23,210 (23.14%) और द्वितीय ग्रुप में 68,400 में से 12,938 (18.92%) सफल हुए। दोनों ग्रुप की परीक्षा एक साथ देने वाले 38,339 अभ्यर्थियों में से 5,066 (13.21%) पास हुए। क्या कहते हैं टॉपर… आर्थिक मुश्किलों के बीच रुद्र ने हासिल किया पहला स्थानमेन रोड निवासी रुद्र राज डॉन के पिता का आठ साल पहले निधन हो गया था। आर्थिक परेशानियों के बावजूद उनकी मां ने पढ़ाई जारी रखी। रुद्र मारवाड़ी कॉलेज से बीकॉम कर रहे हैं। उनका कहना है कि नियमित पढ़ाई और फोकस सफलता की कुंजी है। पिता टेलर, बेटी तंजील ने हासिल किया दूसरा स्थानडोरंडा निवासी तंजील कौसर के पिता जमील अहमद टेलर का काम करते हैं। तंजीम ने बताया कि किताबें खरीदने में भी परेशानी होती थी, पर उन्होंने हार नहीं मानी। 12वीं में कॉमर्स की पढ़ाई के दौरान सीए बनने का सपना देखा। रोज 9-10 घंटे पढ़ाई की। खुद तैयारी कर सिद्धार्थ जैन ने क्रैक किया सीए इंटरमीडिएट मेन रोड के रहने वाले सिद्धार्थ जैन ने खुद से तैयारी की। साथ ही, ऑनलाइन क्लास की मदद ली। उन्होंने कहा कि सफलता के लिए कॉन्सेप्ट समझना जरूरी है।
झारखंड में एसआईआर की समीक्षा में धीमी प्रगति पर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (सीईओ) के. रवि कुमार ने चिंता जताई है। दो वर्ष बीतने के बाद कम-से-कम 8% वृद्धि की अपेक्षा के विपरीत अब तक राज्य में मात्र 3.89% की ही बढ़ोतरी दर्ज हुई है। 22 अक्टूबर 2026 की रिपोर्ट के अनुसार राज्य के 31,892 मतदान केंद्रों की प्रारूप सूची में कुल 2,21,01,249 मतदाता दर्ज हैं। अब तक फॉर्म-6 के कुल 8,59,162 नए आवेदन प्राप्त हुए हैं, जो प्रति बूथ औसतन 27 आवेदन हैं। सीइओ ने सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारियों को कम वृद्धि वाले क्षेत्रों में फॉर्म-6 के डिजिटाइजेशन में तेजी लाने, कॉलेजों-विश्वविद्यालयों से युवाओं को जोड़ने और किसी भी अपात्र या विदेशी व्यक्ति का नाम सूची में न जुड़ने देने के सख्त निर्देश दिए हैं। इसके लिए कॉलेज परिसरों में विशेष जागरूकता व पंजीकरण डेस्क चलाए जाएंगे। बता दें कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार राज्य में मतदाता सूची को शुद्ध, अद्यतन, समावेशी और त्रुटिरहित बनाने के लिए एसआईआर अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत गणना प्रपत्रों का एकत्रीकरण, डिजिटाइजेशन, प्रारूप सूची का प्रकाशन तथा दावे-आपत्तियों के निस्तारण का कार्य जारी है। सीइओ ने जिलावार और विधानसभा क्षेत्रवार धीमी प्रगति वाले क्षेत्रों को चिह्नित कर कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया। कोडरमा व धनबाद सबसे आगे, पाकुड़ व चंदनकियारी सबसे फिसड्डी नए मतदाता जानें... नाम जुड़वाने की प्रक्रिया के बारे में फॉर्म: फॉर्म-6 (नया मतदाता पंजीकरण) आगे क्या...
झारखंड के सरकारी मेडिकल कॉलेजों और अस्पतालों में कार्यरत जूनियर रेजिडेंट (एकेडमिक) डॉक्टरों के मानदेय में बढ़ोतरी की गई है। अब प्रथम वर्ष के डॉक्टरों को 70 हजार, द्वितीय वर्ष के डॉक्टरों को 75 हजार और तृतीय वर्ष के डॉक्टरों को 80 हजार रुपए प्रतिमाह मिलेंगे। यानी पहले की तुलना में 15,500 से 17,000 रुपए तक अधिक मिलेंगे। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के मार्गदर्शन में लिए गए इस फैसले को स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने डॉक्टरों का मनोबल बढ़ाने और राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया। उन्होंने कहा, पैसे की चिंता नहीं, हमें काम चाहिए। हमें स्वास्थ्य व्यवस्था में सुधार करना है। डॉक्टर हमारे अंग हैं। उनके मान-सम्मान में किसी तरह की कटौती नहीं की जाएगी। -शेष पेज 9 पर रिनपास के डीएनबी डॉक्टरों के मानदेय पर भी विचार कांके स्थित रिनपास के डीएनबी छात्र-छात्राओं ने सरकारी निर्देशों के अनुरूप मानदेय बढ़ाने की मांग की थी। विभागीय दस्तावेजों के अनुसार, ब्रॉड स्पेशियलिटी डीएनबी प्रशिक्षणार्थियों के लिए प्रथम वर्ष में 43,000 रुपए, द्वितीय वर्ष में 45,000 रुपए और तृतीय वर्ष में 47,000 रुपए प्रतिमाह न्यूनतम मानदेय निर्धारित है। वहीं, पोस्ट-डिप्लोमा डीएनबी प्रशिक्षणार्थियों के लिए प्रथम वर्ष में 45,000 रुपए और द्वितीय वर्ष में 47,000 रुपए प्रतिमाह की दरें तय हैं। इन प्रावधानों के अनुरूप रिनपास में मानदेय पुनरीक्षण के प्रस्ताव पर भी कार्रवाई की गई है। स्वास्थ्य विभाग का जोर संस्थान में मरीजों की जांच, उपचार, आपातकालीन सेवाओं और अन्य व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने पर है। इसके साथ ही मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए डॉक्टरों की उपलब्धता पर भी जोर दिया जा रहा है।
झारखंड के करीब 1300 अधिकारियों की प्रोन्नति पर संकट खड़ा हो गया है। इनमें करीब 300 पुलिस अधिकारी और 1000 राज्य प्रशासनिक सेवा के अधिकारी हैं। कार्मिक प्रशासनिक सुधार एवं राजभाषा विभाग का मानव संपदा पोर्टल बंद होने से ये सभी अपनी संपत्ति का वार्षिक ब्योरा दर्ज नहीं कर सके। इसी कारण यह स्थिति बनी है। अब कुछ ही दिन में प्रोन्नति बोर्ड की अहम बैठक होनी है। नियम के मुताबिक अचल संपत्ति की घोषणा न करने वालों पर प्रोन्नति के लिए विचार नहीं किया जा सकता। मानव संपदा पोर्टल हर साल जनवरी-फरवरी में खोला जाता है। इसमें राज्य के सभी संवर्गों के अफसरों को अपनी चल-अचल संपत्ति का ऑनलाइन ब्योरा दर्ज करना होता है। सूत्रों का कहना है कि जो पुलिस अधिकारी ब्योरा नहीं दे सके, वे उस दौरान विशेष नक्सल विरोधी और सुरक्षा अभियान में संवेदनशील इलाकों में तैनात थे। वहां इंटरनेट और नेटवर्क की उपलब्धता नहीं थी। वित्त मंत्री ने मुख्य सचिव को हस्तक्षेप के लिए लिखा तो बनी तीन सदस्यीय उच्चस्तरीय कमेटी कार्मिक विभाग के इस रुख के बाद वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने मुख्य सचिव अविनाश कुमार को पत्र लिखा। इसमें पूरे घटनाक्रम का ब्योरा देते हुए पुलिस अफसरों के भविष्य को देखते हुए तत्काल हस्तक्षेप करने की मांग की। मुख्य सचिव ने तत्काल संज्ञान लिया और इस पेंच को सुलझाने के लिए तीन सदस्यीय उच्चस्तरीय समिति गठित कर दी। विकास आयुक्त अजय कुमार की अध्यक्षता में गठित इस समिति में राजस्व निबंधन एवं भूमि सुधार विभाग के सचिव चंद्रशेखर और कार्मिक सचिव प्रवीण टोप्पो को शामिल किया गया है। मुख्य सचिव ने समिति को तत्काल बैठक कर पूरे मामले की समीक्षा करने और इस समस्या के समाधान के साथ रिपोर्ट सौंपने को कहा है। कार्मिक सचिव ने गृह सचिव की अनुशंसा और वित्त मंत्री की सलाह नकारी इस मामले की गंभीरता को देखते हुए गृह सचिव ने पोर्टल खोलने की अनुशंसा भेजी, लेकिन कार्मिक सचिव प्रवीण टोप्पो ने इनकार कर दिया। मामले की जानकारी मिलने पर वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने कार्मिक सचिव को राय दी कि पोर्टल को विशेष परिस्थिति में कुछ दिन के लिए खोलने से सरकार या व्यवस्था को कोई नुकसान नहीं होगा। वित्त मंत्री ने इस पर विभाग से रिपोर्ट भी मांगी। लेकिन कार्मिक सचिव ने रिपोर्ट देने के बजाय पोर्टल खोलने को पूरी तरह से असंभव बता दिया। अब एक हफ्ते की मोहलत मिलने की उम्मीद जगी संपत्ति का ब्योरा न देने वाले अधिकारी मानसिक तनाव में हैं, क्योंकि बोर्ड की बैठक जल्दी ही होने वाली है। अगर वे संपत्ति का ब्योरा नहीं दे सके तो उनकी प्रोन्नति पर विचार नहीं किया जाएगा। वे वरीय पुलिस अधिकारियों से लेकर मंत्रालयों तक के चक्कर काट रहे हैं। हालांकि उनकी समस्या सुलझाने के लिए कमेटी बनने के बाद उनमें कुछ उम्मीद जगी है। सचिवालय सूत्रों का कहना है कि यह समिति करीब एक हफ्ते के लिए मानव संपदा पोर्टल दोबारा खोलने की सिफारिश कर सकती है। ताकि अभियानों में जुटे इन जवानों और अफसरों के साथ न्याय हो सके।
रांची से नवी मुंबई के लिए पहली बार सीधी विमान सेवा शुरू होगी। इंडिगो की फ्लाइट (6E 2654) 16 दिसंबर से उड़ान भरेगी। यह सेवा सप्ताह में सातों दिन उपलब्ध रहेगी। प्रस्तावित शेड्यूल के अनुसार यह विमान रांची से नवी मुंबई के लिए सुबह 10:35 बजे उड़ान भरेगा और दोपहर 1:05 बजे नवी मुंबई पहुंचेगा। वहीं नवी मुंबई से यह विमान सुबह 7:40 बजे उड़ान भरेगा और सुबह 10 बजे रांची पहुंचेगा। इसका औसत किराया करीब 9000 रुपए होगा। इसके लिए टिकट की बुकिंग शुरू हो गई है। इस नई सेवा से रांची-मुंबई के बीच हवाई कनेक्टिविटी मजबूत होगी और यात्रियों को सफर के लिए सुविधाजनक विकल्प मिलेगा। यह विमान विंटर शेड्यूल में जोड़ा गया है। विंटर शेड्यूल शुक्रवार को जारी होने की उम्मीद है। उधर, रांची से कोलकाता के बीच भी सेवा बढ़ाई गई है। अभी रांची से कोलकाता के लिए रोजाना तीन फ्लाइट थीं, जिन्हें बढ़ाकर चार कर दी गई हैं। इंडिगो की यह फ्लाइट (6E 2654) दोपहर में संचालित की जा रही है। इस फ्लाइट की यात्री क्षमता 180 है। भुवनेश्वर की उड़ान घटेगी, तीन शहरों के लिए रोजाना फ्लाइट विंटर शेड्यूल में रांची से भुवनेश्वर के बीच उड़ान सेवा घटाई जाएगी। अभी यह सेवा सप्ताह में सातों दिन है। 25 अक्टूबर से यह सप्ताह में दो दिन रहेगी। वहीं इंडिगो ने विंटर शेड्यूल के लिए अहमदाबाद, पटना और चेन्नई के लिए अपनी उड़ानें रोजाना कर दी है। अभी रांची-अहमदाबाद के बीच छह दिन और रांची-पटना व रांची-चेन्नई के बीच सप्ताह में पांच दिन विमान सेवा है।
शहर की सड़कों पर ट्रैफिक को सुचारू बनाने और सरकारी जमीन को कब्जा मुक्त कराने के लिए रांची नगर निगम ने गुरुवार को कर्बला चौक से बहुबाजार मार्ग पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की। वार्ड संख्या-16 (मौजा कोनका, थाना संख्या-198) में चलाए गए इस कड़े अभियान के दौरान सड़क फ्लैंक और सरकारी जमीन पर बिना अनुमति चल रही लगभग 14 अस्थायी संरचनाओं, मीट दुकानों, शेड और जर्जर बाउंड्री वॉल को ढहा दिया गया। अभियान के दौरान इंफोर्समेंट टीम को स्थानीय स्तर पर तीखे विरोध का सामना करना पड़ा। पूर्व पार्षद और स्थानीय लोगों ने कार्रवाई का विरोध किया, लेकिन टीम ने समझा-बुझाकर स्थिति संभाली। हैरानी की बात यह रही कि संवेदनशील इलाका होने के बावजूद मौके पर न तो स्थानीय पुलिस का सहयोग मिला और न ही कोई मजिस्ट्रेट तैनात थे; इसके बावजूद निगम कर्मियों ने मोर्चा संभाले रखा और सड़क खाली कराई।नगर निगम ने चेतावनी दी है कि इस मार्ग पर दोबारा वेंडिंग या फल-सब्जी की अवैध दुकानें लगाने वालों पर कानूनी कार्रवाई होगी। शहर के अन्य हिस्सों में भी यह अभियान जारी रहेगा। मौके पर क्या-क्या कार्रवाई हुई आगे क्या होगा नगर निगम ने चेतावनी दी है कि इस मार्ग पर दोबारा वेंडिंग या फल-सब्जी की अवैध दुकानें लगाने वालों पर कानूनी कार्रवाई होगी। शहर के अन्य हिस्सों में भी यह अभियान जारी रहेगा। कर्बला चौक-बहुबाजार मार्ग पर सरकारी जमीन और सड़क फ्लैंक पर बिना अनुमति के दुकानें, मीट शॉप और गुमटियां संचालित हो रही थीं, जिससे रोजाना भीषण जाम लग रहा था और राहगीरों का चलना दूभर था। सड़क फ्लैंक खाली होने से वाहनों का आवागमन सुगम होगा। साथ ही अन्य वेंडरों और कब्जाधारियों में सख्त संदेश जाएगा कि सार्वजनिक मार्ग पर अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं होगा। कर्बला चौक से बहुबाजार आने-जाने वाले राहगीरों को जाम से मुक्ति मिलेगी और इलाके के सुलभ शौचालय तक सीधा व साफ रास्ता मिल सकेगा।
झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) की विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में हुई अनियमितता की जांच कर रही सीआईडी ने तत्कालीन चेयरमैन एल. ख्यांग्ते के खिलाफ अदालत में दाखिल चार्जशीट में बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। सीआईडी का आरोप है कि ख्यांग्ते ने संवैधानिक पद पर रहते हुए न सिर्फ आपराधिक साजिश के तहत एक दागी और ब्लैकलिस्टेड एजेंसी को संरक्षण दिया, बल्कि आपत्ति जताने वाले ईमानदार अफसरों को हटाकर अपने चहेते अधिकारियों के जरिए पेपर लीक और ओएमआर शीट छेड़छाड़ का पूरा नेटवर्क चलने दिया। सीआईडी के अनुसार जांच में खुलासा हुआ कि जब तत्कालीन परीक्षा नियंत्रक असीम किस्पोट्टा ने टीडीपीएल एजेंसी की कार्यप्रणाली और गड़बड़ियों पर गंभीर आपत्ति दर्ज कराई, तो चेयरमैन ने एजेंसी पर कार्रवाई करने के बजाय परीक्षा नियंत्रक से ही सारे अधिकार छीन लिए। इसके बाद परीक्षा का पूरा काम तत्कालीन डिप्टी एग्जामिनेशन कंट्रोलर श्वेता कुमारी गुप्ता को सौंप दिया गया। गवाह रुद्र प्रताप के बयान से पुष्टि हुई है कि श्वेता कुमारी गुप्ता का दूसरे विभाग में तबादला हो जाने के बाद भी ख्यांग्ते ने ही उन्हें आयोग में रोके रखा। सीआईडी ने दाखिल चार्जशीट में आरोप लगाया है कि लखनऊ की एजेंसी टीएसआर डेटा प्रोसेसिंग प्राइवेट लिमिटेड (टीडीपीएल) को जेएसएससी ने घोर लापरवाही और तथ्य छिपाने के आरोप में 20 मई 2025 को तीन साल के लिए काली सूची (ब्लैकलिस्ट) में डाल दिया था। इसके बावजूद चेयरमैन रहते हुए ख्यांग्ते ने बिना किसी वैध टेंडर प्रक्रिया के नामांकन (नॉमिनेशन) के आधार पर संवेदनशील परीक्षाओं का ठेका लगातार टीडीपीएल को दिलवाया। सरकारी लैपटॉप से डेटा डिलीट व स्क्रैच करने का आरोप सीआईडी के अनुसार, 22 जुलाई 2026 को जब आयोग कार्यालय पर पहली छापेमारी हुई, तो ख्यांग्ते ने तुरंत इस्तीफा दे दिया। इसके बाद वे कार्यालयीन लैपटॉप व पेनड्राइव अपने साथ ले गए और उन्हें रिपेयरिंग के नाम पर भेजकर डिजिटल साक्ष्यों को मिटाने (डिलीशन व स्टोरेज पर स्क्रैच) का प्रयास किया। फॉरेंसिक जांच में स्टोरेज से छेड़छाड़ के पुख्ता सबूत मिले हैं। मेमो ऑफ एविडेंस और सह-आरोपियों के बयानों में चेयरमैन और अन्य अधिकारियों के बीच टीडीपीएल एजेंसी से फाइनेंशियल अरेंजमेंट की पुष्टि हुई है। इस गोरखधंधे में अभ्यर्थियों से पीटी के लिए 5 लाख और अंतिम चयन के लिए 10 से 25 लाख रुपए तक वसूले जा रहे थे। सीडीआर से खुली मिलीभगत, संदिग्धों से सीधा संपर्क सीआईडी को मिले कॉल डिटेल रिकॉर्ड्स (सीडीआर) से यह साबित हुआ है कि ख्यांग्ते परीक्षा में धांधली करने वाले सिंडिकेट और एजेंसी के प्रमुख सदस्यों के सीधे संपर्क में थे। जांच में सामने आया कि सिविल सेवा पीटी परीक्षा 2026 की आधिकारिक आंसर-की जारी होने से पहले ही डिप्टी कंट्रोलर श्वेता कुमारी गुप्ता ने अपने मोबाइल से टीडीपीएल कर्मी मो. उस्मान को व्हॉट्सऐप पर भेज दिया था। वहीं एफआरओ मेन्स की आंसर बुकलेट आयोग के दफ्तर से बाहर निजी कंप्यूटरों पर पाई गई। जांच में पाया गया कि सिंडिकेट ने फॉरेस्ट रेंज ऑफिसर की 350 से अधिक और असिस्टेंट कंजर्वेटर ऑफ फॉरेस्ट की 150 से अधिक ओएमआर शीट से छेड़छाड़ की।
160 बूथों पर शांतिपूर्ण मतदान, सीनोता के एक बूथ पर सबसे कम 24.60 प्रतिशत वोटिंग
क्षेत्र के 160 बूथों पर कुल 59.97 प्रतिशत मतदान हुआ। मतदान के दौरान इस बार मतदाताओं में अपेक्षित उत्साह नहीं दिखा। खेती में व्यस्तता और कुछ गांवों में पंचायत पुनर्गठन पर नाराजगी का असर भी रहा। पंचायत समिति क्षेत्र में कुल पंजीकृत 1,20,789 मतदाताओं में से 72,460 ने अपने वोट दिए। मतदान के दौरान तीन स्थानों पर ईवीएम में तकनीकी खराबी आने से कुछ समय के लिए मतदान प्रभावित हुआ। बूथ संख्या 78 बंबूलिया कला, बूथ संख्या 142 नीमसरा और अयाना के बूथ संख्या दो पर मशीनों में खराबी सामने आई। इसके बाद मशीनों को बदलकर मतदान प्रक्रिया सुचारू कराई गई। पंचायत समिति के 23 सदस्यों के लिए 74 प्रत्याशी व जिला परिषद के पांच सदस्यों के लिए 13 प्रत्याशी चुनाव मैदान में हैं। इस प्रकार कुल 87 प्रत्याशियों का राजनीतिक भविष्य ईवीएम में बंद हो गया। अब 20 नवंबर की मतगणना का इंतजार है। क्षेत्र में सबसे कम मतदान बूथ संख्या 122, जीएसएस सीनोता के कक्ष संख्या दो में दर्ज किया गया। यहां 691 मतदाताओं में से केवल 170 मतदाताओं ने वोट डाले। मतदान प्रतिशत 24.60 रहा। इसके बाद बूथ संख्या सात अयानी में 437 में से 152 ने मतदान किया, जहां मतदान प्रतिशत 34.78 रहा। दूसरी ओर, बूथ संख्या 155 मियाना में सर्वाधिक 78.97 प्रतिशत मतदान हुआ। यहां 718 मतदाताओं में से 567 ने अपने वोट दिए। एसडीएम दामोदरसिंह ने बताया कि सभी बूथों पर मतदान हुआ है। रिटर्निंग अधिकारी दामोदरसिंह के अनुसार चुनाव के लिए 208 पोलिंग पार्टियां और 20 सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात रहे। डीएसपी ओमप्रकाश सरावग ने बताया कि सुरक्षा व्यवस्था के लिए करीब 1200 पुलिसकर्मियों को लगाया गया था। 13 मोबाइल टीमें लगातार निगरानी कर रही थीं।
पंचायत पुनर्गठन से नाराज चक टोडी गांव के ग्रामीणों ने किया मतदान का बहिष्कार
पंचायतों के पुनर्गठन से नाराज चक टोडी गांव के कुल 371 मतदाताओं ने गुरुवार को पंचायत समिति सदस्य और जिला परिषद सदस्य के चुनाव में मतदान का बहिष्कार कर दिया। मतदान बहिष्कार की सूचना पर तहसीलदार सुरेंद्र शर्मा और ललितकिशोर नागर ग्रामीणों को समझाने गांव में गए, लेकिन ग्रामीणों ने मतदान करने से इनकार कर दिया। इसके बाद अधिकारी लौट गए। ग्रामीण कैलाश मीणा ने बताया कि पूर्व में चक टोडी गांव ग्राम पंचायत ढीपरी चंबल के अन्तर्गत आता था, जो गांव से महज 2 किमी दूर है। पंचायतों के पुनर्गठन के दौरान गांव को ढीपरी चंबल से हटाकर सीनोता ग्राम पंचायत में शामिल कर दिया गया, जो गांव से 8 किमी दूर है। ऐसे में ग्रामीणों को पंचायत से जुड़े छोटे-छोटे कामों के लिए भी लंबी दूरी तय कर परेशानी झेलनी पड़ेगी। ग्रामीणों के अनुसार, गांव को पूर्व की ग्राम पंचायत ढीपरी चंबल में ही रखने की मांग को लेकर पहले भी प्रशासन को अवगत कराया गया था, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ। इससे नाराज ग्रामीणों ने गुरुवार को पंचायत समिति और जिला परिषद सदस्य के चुनाव में मतदान नहीं करने का निर्णय लिया। ग्रामीणों का कहना है कि जब तक उनकी समस्या का समाधान नहीं होता, तब तक उनकी नाराजगी बनी रहेगी।
इटावा में कल 42 ग्राम पंचायतों में मतदान
इटावा. पंचायत समिति और जिला परिषद सदस्यों के चुनाव होने के बाद पंचायत समिति क्षेत्र में गांवों की सरकार चुनने की तैयारी तेज हो गई है। क्षेत्र की 42 ग्राम पंचायतों में सरपंच और 386 वार्ड पंचों के चुनाव को लेकर शुक्रवार को नामांकन प्रक्रिया पूरी होगी। इसके बाद शनिवार को मतदान कराया जाएगा। इन चुनावों में पंचायत समिति और जिला परिषद सदस्यों के चुनाव की तरह ईवीएम का उपयोग नहीं होगा, बल्कि मतपत्रों के माध्यम से मतदाता अपने वोट देंगे। शुक्रवार को नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद चुनाव मैदान में उतरने वाले प्रत्याशियों की स्थिति स्पष्ट होगी। पंचायत समिति क्षेत्र की 42 ग्राम पंचायतों में सरपंच पद के लिए चुनाव कराया जाएगा। इसके साथ ही 386 वार्डपंचों के पदों के लिए भी मतदान होगा। पंचायत समिति और जिला परिषद सदस्यों के चुनाव में ईवीएम का इस्तेमाल किया गया था, लेकिन सरपंच और वार्डपंचों के चुनाव में मतपत्रों से मतदान कराया जाएगा।
मेरठ-सहारनपुर खंड की शिक्षक और स्नातक एमएलसी सीटों के लिए आज शुक्रवार को मतदान होगा। दोनों सीटों पर कुल 18 प्रत्याशी मैदान में हैं। इनमें शिक्षक सीट पर 10 और स्नातक सीट पर 8 प्रत्याशी शामिल हैं। भाजपा और सपा के प्रत्याशियों के बीच मुकाबले के साथ निर्दलीय उम्मीदवार भी मैदान में हैं। जिलाधिकारी डॉ. वीके सिंह ने बताया कि मतदान के लिए सभी तैयारियां पूरी हैं। केंद्रों पर पुलिस बल तैनात रहेगा। सेक्टर और जोनल मजिस्ट्रेटों के साथ एडीएम और एसपी स्तर के अधिकारियों को भी जिम्मेदारी दी गई है। सुपर जोनल मजिस्ट्रेट व्यवस्था पर नजर रखेंगे। स्नातक सीट पर 8 प्रत्याशियों के बीच मुकाबला स्नातक निर्वाचन क्षेत्र मेरठ-सहारनपुर खंड में भाजपा के दिनेश गोयल और सपा के प्रमेंद्र सिंह चुनाव मैदान में हैं। इनके अलावा अमित कुमार जैन, दुष्यंत, मोहम्मद अकरम रजा, राहुल कुशवाहा, विक्रांत त्यागी और विजय कुमार त्यागी निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ रहे हैं। इस सीट पर कुल 1,28,595 मतदाता हैं। इनके लिए 127 मतदान केंद्र निर्धारित किए गए हैं। शिक्षक सीट पर 10 प्रत्याशी शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र मेरठ-सहारनपुर खंड में भाजपा के श्रीचंद शर्मा और सपा के नितिन कुमार तोमर प्रत्याशी हैं। इनके अलावा कुलदीप मलिक, तनुज गंभीर, पंकज कुमार, बाकिर हुसैन, स्वराज पाल, सुशील, डॉ. सुशील कुमार पुंडीर और हरकेश सिंह चुनाव मैदान में हैं। इस सीट पर 64,525 मतदाता हैं और मतदान के लिए 121 केंद्र निर्धारित किए गए हैं। मेरठ में 22,100 मतदाता करेंगे मतदान मेरठ जिले में शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के 6,500 और स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के 15,600 मतदाता अपने वोट का प्रयोग करेंगे। जिले में कुल 107 बूथ बनाए गए हैं, जिनमें 30 शिक्षक और 77 स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के हैं। प्रशासन ने सभी केंद्रों पर सुरक्षा और मतदान संबंधी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की हैं। कृषि विश्वविद्यालय में जमा होंगे बैलट बॉक्स मतदान के बाद बैलट बॉक्स सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय परिसर में बनाए गए स्ट्रांग रूम में जमा कराए जाएंगे। डीएम ने बताया कि मेरठ के साथ अन्य संबंधित जिलों की बैलट बॉक्स भी यहीं जमा होंगे । स्ट्रांग रूम और बैलट बॉक्स की सुरक्षा के लिए आवश्यक इंतजाम किए गए हैं। सोशल मीडिया पर भी रहेगी निगरानी चुनाव के दौरान अफवाह फैलाने वालों पर प्रशासन की नजर रहेगी। डीएम ने बताया कि जिला प्रशासन और पुलिस की सोशल मीडिया टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं। किसी भी तरह की अफवाह फैलाने या माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए कंट्रोल रूम भी सक्रिय रहेगा। स्नातक मतदाताओं को विशेष अवकाश डीएम ने बताया कि निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुसार पात्र स्नातक मतदाताओं को मतदान के लिए विशेष अवकाश देने का प्रावधान किया गया है। जिला निर्वाचन कार्यालय की ओर से भी इस संबंध में निर्देश जारी किए गए हैं। संस्थानों से अपील की गई है कि वे पात्र मतदाताओं को अवकाश दें, ताकि कोई भी मतदाता अपने मताधिकार के प्रयोग से वंचित न रहे।
संपत्ति विवाद पर रामलाल बोले- पीडब्ल्यूडी से ईंटें गिनवा लें, मेरा पूरा निर्माण लीगल
राजस्व मंत्री हेमंत मीणा द्वारा दिए गए एक हालिया इंटरव्यू में संपत्ति और आय को लेकर उठाए गए सवालों पर राजनीति गर्मा गई है। पूर्व विधायक रामलाल मीणा ने पलटवार करते हुए मंत्री के आरोपों को सिरे से खारिज किया है और अपनी संपत्ति का पूरा हिसाब सार्वजनिक जांच के लिए पेश करने का दावा किया है। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर कोई व्यक्ति चाय बेचकर देश का प्रधानमंत्री बन सकता है तो दूध बेचने वाला विधायक क्यों नहीं बन सकता? दूसरी ओर, पंचायती राज और जिला परिषद चुनावों की सरगर्मी के बीच धरियावद से भारत आदिवासी पार्टी (बीएपी) के विधायक थावरचंद डामोर ने भी सत्तारूढ़ दल और विपक्ष पर निशाना साधते हुए जनहित के मुद्दों से भटकने का आरोप लगाया है। पूर्व विधायक रामलाल मीणा ने राजस्व मंत्री के आरोपों का जवाब देते हुए कहा कि उनके मकान के निर्माण में इस्तेमाल हुई सीमेंट, सरिया और रेत के एक-एक रुपए का जीएसटी बिल और रॉयल्टी का रिकॉर्ड मौजूद है। उन्होंने दावा किया कि गिट्टी उनके अपने क्रेशर से आई थी और परिवहन के साधन भी निजी थे। उन्होंने अपनी संपत्ति का निर्माण एक नंबर की कमाई और इनकम टैक्स रिटर्न (आईटीआर) के आधार पर होना बताया। रामलाल मीणा ने मंत्री हेमंत मीणा पर उल्टा हमला बोलते हुए पूछा कि जयपुर के सड़ला थाना स्थित शर्मा कॉलोनी के पास 500 करोड़ रुपए के प्लॉट, बहुमंजिला इमारतों, होटलों, पेट्रोल पंपों और गैस एजेंसियों का हिसाब किसके पास है? उन्होंने सवाल किया कि अंबा माता से सुमित्रा सर्कल तक की जमीनों और जयपुर-उदयपुर के बंगलों का ब्यौरा सार्वजनिक क्यों नहीं किया जाता। दक्षिण राजस्थान (प्रतापगढ़-धरियावद क्षेत्र) की राजनीति में लंबे समय से स्थानीय नेताओं के बीच संपत्ति और प्रभाव को लेकर खींचतान चलती रही है। हेमंत मीणा और रामलाल मीणा के बीच का यह वाकयुद्ध केवल व्यक्तिगत संपत्ति तक सीमित नहीं है, बल्कि आगामी स्थानीय चुनावों में अपने-अपने वोट बैंक को साधने की रणनीति भी है। आदिवासी बहुल इलाकों में बीएपी के उभार ने भाजपा और कांग्रेस दोनों के परंपरागत गणित को बिगाड़ दिया है, इससे आरोप-प्रत्यारोप का दौर और तेज हो गया है। लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 के तहत चुनाव लड़ते समय हर उम्मीदवार को फॉर्म 26 में अपनी और अपने आश्रितों की चल-अचल संपत्ति का ब्यौरा देना अनिवार्य होता है। जनप्रतिनिधि अपनी आय का वार्षिक रिटर्न दाखिल करते हैं। यदि घोषित आय से अधिक संपत्ति का मामला बनता है, तो आयकर विभाग या लोकपाल/लोकायुक्त में शिकायत दर्ज कराई जा सकती है। ध्रुवीकरण छोड़ काम की बात करें सरकार: डामोर स्थानीय निकाय और पंचायती राज चुनावों के बीच धरियावद से बीएपी विधायक थावरचंद डामोर ने कांग्रेस और भाजपा दोनों पर तीखा हमला बोला है। डामोर ने कहा कि डबल इंजन की सरकार गांवों के विकास और काम की बात करने के बजाय केवल हिंदू-मुस्लिम, भारत-पाकिस्तान और भावनात्मक मुद्दों पर राजनीति कर रही है। बीएपी विधायक ने आरोप लगाया कि प्रशासन में बैठे कुछ लोग सत्ता पक्ष की चापलूसी कर रहे हैं। उन्होंने वंचितों, गरीबों और आदिवासियों के जल, जंगल, जमीन के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा करने की अपील की।
दलोट में 26 ने नामांकन भरे, आज आखिरी दिन
दलोट | पंचायत समिति सदस्य पद के लिए नामांकन प्रक्रिया में अब तक कुल 26 नामांकन मिल चुके हैं। शुक्रवार को नामांकन दाखिल करने का अंतिम दिन है। अंतिम दिन नामांकन पत्र जमा कराने वाले उम्मीदवारों की संख्या बढ़ने की संभावना है। दलोट तहसीलदार सत्यनारायण शर्मा ने बताया कि तय कार्यक्रम के अनुसार नामांकन पत्र लिए जा रहे हैं। शुक्रवार को नामांकन जमा कराने का अंतिम अवसर रहेगा। प्रशासन ने प्रक्रिया को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित रखने के लिए व्यवस्थाएं की हैं। तहसीलदार कार्यालय के बाहर पुलिस जाब्ता तैनात रहा। अधिकारी निगरानी में लगे रहे। तहसीलदार सत्यनारायण शर्मा ने बताया कि नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद निर्वाचन आयोग के तय कार्यक्रम के अनुसार नामांकन पत्रों की जांच होगी।
पंचायतीराज चुनाव के लिए मतदान दलों को दिया प्रशिक्षण
पंचायतीराज आम चुनाव के अंतर्गत प्रतापगढ़ जिले में मतदान दलों का सैद्धांतिक एवं प्रायोगिक प्रशिक्षण 22 अक्टूबर से शुरू हो गया है जो कि 24 अक्टूबर तक राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, प्रतापगढ़ में आयोजित होगा। जिला निर्वाचन अधिकारी (कलेक्टर), प्रतापगढ़ द्वारा जारी आदेश के अनुसार प्रशिक्षण दो सत्रों में होगा। प्रथम सत्र प्रातः 9 बजे से दोपहर 1 बजे तक तथा द्वितीय सत्र दोपहर 1.30 बजे से शाम 6 बजे तक निर्धारित किया गया है। सैद्धांतिक प्रशिक्षण: पीआरओ क्रमांक 261 से 390 तथा पीओ प्रथम क्रमांक 261 से 390 तक के कार्मिकों का प्रशिक्षण राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय के ऑडिटोरियम हॉल में होगा। कुल संख्या 260 निर्धारित है। - सैद्धांतिक प्रशिक्षण: पीआरओ एवं पीओ प्रथम क्रमांक 391 से 520 तक के कार्मिकों का प्रशिक्षण ऑडिटोरियम हॉल में होगा। कुल संख्या 260 निर्धारित है। - सैद्धांतिक प्रशिक्षण: आरओ क्रमांक 655 से 882 एवं 1012 से 1042 तक के कार्मिकों का प्रशिक्षण ऑडिटोरियम हॉल में होगा। कुल संख्या 259 निर्धारित है। - सैद्धांतिक प्रशिक्षण: पीआरओ एवं पीओ प्रथम क्रमांक 521 से 654 तक के कार्मिकों का प्रशिक्षण ऑडिटोरियम हॉल में होगा। कुल संख्या 268 निर्धारित है।
बिना अनुमति सड़क तोड़ी, टेलीकॉम कंपनियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग
नगर क्षेत्र में निजी टेलीकॉम कंपनियों पर नगर पालिका की बिना स्वीकृति सड़क और सीसी रोड तोड़ने का आरोप लगा है। कांग्रेस पार्षदों ने पूर्व प्रधान मनोहर लाल आंजना के नेतृत्व में उपखंड अधिकारी यतिंद्र पोरवाल को ज्ञापन सौंपा। पार्षदों ने कहा कि केबल लाइन डालने के नाम पर पूरे नगर में जगह-जगह सड़क और सीसी रोड अवैध रूप से क्षतिग्रस्त कर दी गई। नगर पालिका में न तो कोई फाइल है, न कोई एनओसी है। स्वीकृति नहीं ली गई। आरोप है कि नगर पालिका अध्यक्ष की शह पर लाखों रुपए का नुकसान पहुंचाया गया। इसे पद का दुरुपयोग बताया गया। जनप्रतिनिधियों ने मामले में भ्रष्टाचार की निष्पक्ष जांच की मांग की। दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की। कांग्रेस नेता और पूर्व प्रधान मनोहर लाल आंजना, नगर कांग्रेस अध्यक्ष अमृतलाल बंडी, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष फातेमा बोहरा, पूर्व पार्षद अरविंद नाहर, मुस्तफा बोहरा, पार्षद भरत वैष्णव, हरीश सोनी, सुमित चपलोत, अजय यादव, भरत खटीक, इंद्रा नाहर, मधु यादव, हरीश टेलर, प्रदीप आमेटा, ओम प्रकाश औदिच्य, अशोक देवड़ा, आशीष शर्मा, लखन गुर्जर, विजय नाहर, चट्टान साहू आदि मौजूद रहे।
निर्दलीय रमेश मीणा भाजपा के 15 में से 7 और कांग्रेस के 4 सदस्यों के वोट लेकर बने थे प्रधान
प्रतापगढ़ राजस्थान की राजनीति में दांव-पेंच और रणनीति का खेल किसी रोमांचक मुकाबले से कम नहीं होता। प्रतापगढ़ पंचायत समिति का राजनीतिक इतिहास भी कुछ ऐसा ही गवाह रहा है, जहां अप्रत्याशित सियासी उठापटक और दिग्गजों की बिसात को धता बताते हुए एक ऐसा राजनीतिक मास्टर स्ट्रोक चला गया, इसकी चर्चा आज भी राजनीतिक गलियारों में होती है। वर्तमान में बदले हुए परिसीमन और नए समीकरणों के बीच प्रतापगढ़ का यह सियासी रण एक बार फिर बेहद दिलचस्प मोड़ पर आ गया है। वर्ष 2020 के पंचायती राज चुनावों के दौरान प्रतापगढ़ पंचायत समिति में राजनीतिक सरगर्मी अपने चरम पर थी। कुल 19 वार्डों वाली इस पंचायत समिति में भारतीय जनता पार्टी ने प्रचंड बहुमत हासिल करते हुए 15 सीटों पर जीत दर्ज की थी, जबकि कांग्रेस के खाते में महज 4 वार्ड आए थे। भाजपा की बंपर जीत के बाद पार्टी का बोर्ड बनना तय माना जा रहा था, लेकिन आंतरिक कलह और दो फाड़ हुए धड़ों ने खेल बिगाड़ दिया। पार्टी के कई दिग्गज और वरिष्ठ नेता रमेश मीणा को प्रधान पद की कुर्सी पर देखने के बिल्कुल पक्ष में नहीं थे, क्योंकि वे खुद इस पद के प्रबल दावेदार थे। पार्टी के भीतर विरोध का सामना करते हुए रमेश मीणा ने एक ऐसा राजनीतिक मास्टर स्ट्रोक चला, जिसने बड़े-बड़े दिग्गजों को चित कर दिया। उन्होंने पार्टी के विरोध के बावजूद सीधे तौर पर निर्दलीय के रूप में प्रधान पद के लिए नामांकन दाखिल कर दिया। इस रणनीति के तहत उन्हें भाजपा के बागी धड़े और कांग्रेस के कुछ वार्ड सदस्यों का समर्थन मिला परिणामस्वरूप, रमेश मीणा ने 11 वोट हासिल कर प्रतापगढ़ के इतिहास में एक दुर्लभ घटना को अंजाम दिया और पंचायत समिति की गद्दी पर कब्जा जमा लिया। राजनीतिक सूत्रों के अनुसार, इस जादुई आंकड़े (11 वोट) में 7 वोट भाजपा खेमे के और 4 वोट कांग्रेस के पार्षदों के शामिल थे। बता दें कि रमेश कुमार मीणा ने वार्ड नंबर 6 से चुनाव लड़कर अपनी राजनीतिक पकड़ का लोहा मनवाया था। एक नजर में: अब तक पंचायत समिति में रहे प्रधान : प्रतापगढ़ पंचायत समिति के गठन से लेकर अब तक कई राजनीतिक चेहरों ने इसकी कमान संभाली है: चुन्नी लाल सालवी: 1960 से 1977 केशर सिंह: 1982 से 1988 ईश्वर सिंह पाटीदार: 1988 से 1991 सुमित्रा मीणा: 1995 से 2000 गेंदमल मीणा: 2005 से 2010 हेमंत मीणा: 2010 से 2015 कारीबाई मीणा: 2015 से 2020 रमेश कुमार मीणा: 2020 से 2025 अब मैदान में उतरीं पत्नी: सबसे बड़े वार्ड नंबर 23 से उम्मीदवार कल्पना मीणा : अपनी राजनीतिक सुझबूझ और दबदबे के लिए पहचाने जाने वाले पूर्व प्रधान रमेश मीणा अब अपनी राजनीतिक विरासत को आगे बढ़ाते हुए अपनी पत्नी को चुनावी मैदान में उतार रहे हैं। भाजपा के अंदरूनी सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, कद्दावर नेता की पत्नी कल्पना मीणा को वार्ड नंबर 23 से भाजपा का आधिकारिक प्रत्याशी बनाया गया है। यह वार्ड जिले का सबसे बड़ा वार्ड माना जा रहा है, जहां मतदाताओं की संख्या करीब 44,500 है। क्षेत्रफल और मतदाताओं की विशालता के कारण इस वार्ड से चुनाव लड़ने में अमूमन हर कोई कतराता है, लेकिन पार्टी के निर्देश पर रमेश मीणा ने इस चुनौती को स्वीकार करते हुए अपनी पत्नी को मैदान में उतार दिया है। रमेश मीणा समय के साथ चुनावी भूगोल और परिसीमन ने प्रतापगढ़ पंचायत समिति के समीकरणों को पूरी तरह से बदल दिया है। पूर्व में जहां इस पंचायत समिति के अंतर्गत 19 वार्ड आते थे, वहीं नए परिसीमन के बाद अब इनकी संख्या घटकर 17 रह गई है। प्रशासनिक और राजनीतिक फेरबदल के तहत सामली पठार ग्राम पंचायत को अब धमोत्तर पंचायत समिति से जोड़ दिया गया है, जो कि बड़ी सादड़ी विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आती है। इसी प्रकार, ओड़वाड़ा और बड़ी लाख को सुहागपुरा से अटैच कर दिया गया है। इन बदलावों ने आगामी चुनावी रण की बिसात को पूरी तरह से नए सिरे से सजा दिया है। इस महा-वार्ड के दायरे में बरड़िया, खेड़ा, थड़ा, रठांजना, बरखेड़ा, खोरिया, केसरपुरा, बंबोरी, नारायण खेड़ा, धमोत्तर, बावड़ी खेड़ा, टीला, नालवा, मधुरा तालाब, ऊंटा खेड़ा, तरी पीपली, नारसिंह खेड़ा, मेरिया खेड़ी और टीकनियां जैसी प्रमुख ग्राम पंचायतें आती हैं। आगामी चुनावों को लेकर प्रशासन द्वारा वार्डवार आरक्षण की स्थिति स्पष्ट कर दी गई है, इसके तहत विभिन्न वर्गों के लिए सीटें आरक्षित की गई हैं: सामान्य महिला: वार्ड नंबर 1, 12, 13, 17 सामान्य (अनारक्षित): वार्ड नंबर 2, 5, 14, 15 अन्य पिछड़ा वर्ग: वार्ड नंबर 3 अनुसूचित जाति: वार्ड नंबर 4 अनुसूचित जनजाति: वार्ड नंबर 6, 7, 10 अनुसूचित जनजाति महिला : वार्ड नंबर 8, 9, 11 अनुसूचित जाति महिला: वार्ड नंबर 16
संत को रामद्वारा ट्रस्ट ने चढ़ावा किया भेंट
प्रतापगढ़ | अंतरराष्ट्रीय रामस्नेही संप्रदाय के प्रतापगढ़ रामद्वारा में चातुर्मास के समापन पर श्री रामद्वारा ट्रस्ट ने संत शंभूराम महाराज को चढ़ावा भेंट किया। गुरुदेव के पावन सानिध्य में तीन महीनों की साधना पूरी हुई। संत के प्रति कृतज्ञता जताई गई। भक्त उत्साह के साथ पहुंचे। संत श्री को श्रद्धासुमन अर्पित किए। विशेष चढ़ावा भेंट किया। रामस्नेही भक्त मंडल, रामस्नेही नवयुवक मंडल, स्वरूपाबाई सत्संग महिला मंडल, रामद्वारा सेवा समिति, चातुर्मास सेवा समिति ने संत का अभिनंदन किया। आयोजन में भजनों की अमृत वर्षा हुई। माहौल भक्तिमय रहा। संत ने आशीर्वचन में धर्म के मार्ग पर चलने का संकल्प दिलाया। समाज सेवा में योगदान देने की बात कही। समारोह की पूर्णाहुति महाआरती के साथ हुई। प्रसादी का वितरण किया गया।
मानगढ़ धाम को राष्ट्रीय स्मारक घोषित करने की मांग, ज्ञापन सौंपा
प्रतापगढ़ | मानगढ़ धाम जिला बांसवाड़ा को राष्ट्रीय स्मारक घोषित करने की मांग को लेकर राजस्थान वनवासी कल्याण परिषद और वनवासी कल्याण आश्रम ने ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के जरिए केंद्र और राज्य सरकार का ध्यान खींचा गया। ज्ञापन राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राजस्थान के राज्यपाल और मुख्यमंत्री के नाम संबोधित रहा। जिला कलेक्टर के माध्यम से मांग रखी गई। मानगढ़ धाम को अविलंब राष्ट्रीय स्मारक घोषित किया जाए। इसके ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व के अनुरूप संरक्षण और विकास सुनिश्चित किया जाए। ज्ञापन में कहा गया कि स्वतंत्रता संग्राम में जनजातीय समाज का योगदान अहम रहा। गोविंद गुरु के नेतृत्व में चले भगत आंदोलन ने समाज में जागृति लाई। सामाजिक सुधार का संदेश दिया। स्वाभिमान और राष्ट्रीय चेतना का संचार किया। 17 नवंबर 1913 को मानगढ़ पहाड़ी पर अंग्रेजी शासन की गोलीबारी में बड़ी संख्या में जनजातीय महिला, पुरुष और बाल आंदोलनकारियों ने जान दी। इसे स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास का मार्मिक और महत्वपूर्ण अध्याय बताया गया। ज्ञापन के अनुसार भगत आंदोलन जनजातीय समाज की अस्मिता की रक्षा का आंदोलन था। सामंती शोषण के विरोध का आंदोलन था। अन्यायपूर्ण औपनिवेशिक व्यवस्था के खिलाफ आंदोलन था। बताया गया कि मानगढ़ का बलिदान राजस्थान तक सीमित नहीं। गुजरात, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र सहित देश के जनजातीय समाज की साझा ऐतिहासिक विरासत का प्रतीक है। इस बलिदान ने अंग्रेजी शासन के खिलाफ स्वतंत्रता की चेतना को और प्रखर किया। संगठन ने ज्ञापन में यह भी लिखा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 1 नवंबर 2022 को मानगढ़ धाम यात्रा के दौरान इसे राजस्थान, मध्य प्रदेश, गुजरात और महाराष्ट्र के वीर, देशभक्त और स्वाभिमानी समाज की साझा राष्ट्रीय विरासत बताया था। राष्ट्रपति 4 अक्टूबर 2024 को मानगढ़ धाम पहुंची थीं। जनजातीय बलिदानियों को श्रद्धांजलि अर्पित की थी।
मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य एवं पोषण दिवस पर निरीक्षण, स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार के निर्देश
प्रतापगढ़ | प्रतापगढ़ मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नागेंद्र सिंह सिसोदिया ने मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य एवं पोषण दिवस पर अर्बन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बगवास का निरीक्षण किया। उन्होंने टीकाकरण सत्र का अवलोकन किया। टीकाकरण के लिए आए लाभार्थियों से बातचीत की। उन्हें दी जा रही स्वास्थ्य सेवाओं के बारे में जानकारी ली। टीकों के संबंध में भी पूछा। निरीक्षण में अस्पताल की निशुल्क दवा योजना के तहत दवाओं के भंडार की जांच की गई। स्टॉक में 514 प्रकार की दवाइयां उपलब्ध पाई गईं। संस्थान में विभिन्न प्रकार की वैक्सीन भी उपलब्ध मिलीं। उपस्थिति पंजिका के अनुसार संस्थान का स्टाफ उपस्थित मिला। सीएमएचओ ने ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट की प्रयोगशाला को पूर्ण रूप से संचालित करने के निर्देश दिए। आमजन को जरूरी जांच सुविधाएं समय पर उपलब्ध कराने को कहा। शहरी क्षेत्र की उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं के डेटा की भी समीक्षा की गई। संबंधित महिलाओं की समय पर हुई जांचों और परीक्षणों का रिकॉर्ड उपलब्ध मिला।
होटलों-ढाबों पर अवैध उपयोग, 9 प्रतिष्ठानों से 19 सिलेंडर जब्त
प्रतापगढ़ | शहर के बाजारों में गुरुवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब रसद विभाग की टीम ने ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए 9 प्रतिष्ठानों से 19 घरेलू एलपीजी सिलेंडर जब्त किए। कुछ जगह कार्रवाई की भनक पहले लग गई। वहां से सिलेंडर हटाए गए। इसके बाद भी टीम ने जांच जारी रखी। कार्रवाई की शुरुआत एक गैस एजेंसी संचालक की शिकायत से हुई। शिकायत 9 अक्टूबर को जिला कलेक्टर शुभम चौधरी को दी गई थी। कलेक्टर ने इसे रसद विभाग को भेजा। डीएसओ बलाई ने विशेष टीम बनाई। औचक निरीक्षण के निर्देश दिए। गुरुवार सुबह करीब 11:30 बजे टीम समता टॉकीज के पास पहुंची। यहां एक प्रतिष्ठान से 4 घरेलू सिलेंडर जब्त किए गए। इसके बाद दूसरे इलाकों में जांच हुई। कुछ ही देर में 9 जगहों पर कार्रवाई हुई। कुल 19 घरेलू सिलेंडर जब्त किए गए। टीम जब बस स्टैंड और आसपास के इलाके में होटल, ढाबे, रेस्टोरेंट की जांच करने पहुंची, वहां एक भी घरेलू सिलेंडर नहीं मिला। कार्रवाई की खबर मिलते ही संचालकों ने सिलेंडर हटा दिए थे। टीम ने इसके बाद भी संदिग्ध ठिकानों पर गहन जांच की। जांच में सामने आया कि कई होटल, ढाबे, रेस्टोरेंट में कमर्शियल सिलेंडर की जगह सस्ते घरेलू सिलेंडर का इस्तेमाल हो रहा था। इनसे समोसे, पोहा, कचौरी, मिठाइयां जैसी चीजें बनाई जा रही थीं। व्यावसायिक काम में केवल कमर्शियल सिलेंडर का उपयोग वैध है। इंडेन गैस एजेंसी संचालक तरुण ने 9 अक्टूबर को कलेक्टर को पूरे मामले की जानकारी दी थी। कलेक्टर के निर्देश पर डीएसओ ने टीम बनाई। बीच में कुछ दिनों के अवकाश के कारण कार्रवाई गुरुवार को हो पाई। अब रसद विभाग संबंधित दुकानदारों, संचालकों के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत कार्रवाई करेगा। जरूरत पड़ी तो संबंधित थानों में एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। नहीं तो भारी जुर्माना वसूला जाएगा। जब्त सिलेंडर छोड़े नहीं जाएंगे। राजसात की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। घरेलू सिलेंडर की कीमत ₹988 है। इसमें 14.2 किलो एलपीजी होती है। खर्च करीब ₹70 प्रति किलो पड़ता है। 19 किलो वाले कमर्शियल सिलेंडर की कीमत ₹2,839 है। खर्च करीब ₹150 प्रति किलो पड़ता है। इसी कीमत के बड़े अंतर और घरेलू सिलेंडर पर मिलने वाली सब्सिडी के कारण व्यावसायिक उपयोग और कालाबाजारी जारी है। ^जिला कलेक्टर के आदेश पर प्रवर्तन अधिकारी लाल शंकर डामोर और प्रवर्तन निरीक्षक प्रदीप परमार के नेतृत्व में टीम का गठन किया गया है, इसमें अन्य कार्मिकों को भी शामिल किया गया है। कार्रवाई में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए मैं स्वयं भी मौजूद रहा। आज की कार्रवाई में टीम ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए 9 प्रतिष्ठानों से 19 सिलेंडर जब्त किए हैं। यह अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा। जहां जरूरत होगी, वहां पुलिस थानों में मामले दर्ज कराए जाएंगे और अन्य विधिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। हरिप्रसाद बलाई, जिला रसद अधिकारी
दुकानदार स्वयं हटाएं अतिक्रमण, दुकानों के बाहर ना फैलाएं गंदगी
शहर को स्वच्छ एवं व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से नगर परिषद सभापति अनिल ईनानी ने पद्मिनी मॉल के पास एवं यूआईटी रोड पर दुकानदारों से अतिक्रमण स्वयं हटाने और दुकानों के बाहर साफ-सफाई बनाए रखने की अपील की है। उन्होंने चेतावनी दी कि निर्धारित समय में अतिक्रमण नहीं हटाने पर नगर परिषद की ओर से आगामी दिनों में कार्रवाई की जाएगी। शहर के प्रमुख मार्गों में शामिल इन क्षेत्रों में दिनभर लोगों की आवाजाही बनी रहती है। दुकानों के बाहर अस्थायी ठेले लगाने, सामान फैलाने और अतिक्रमण करने से यातायात एवं आवागमन प्रभावित होता है। साथ ही, गंदगी के कारण शहर की सुंदरता भी प्रभावित होती है और आमजन को परेशानी का सामना करना पड़ता है।सभापति ईनानी ने दुकानदारों से अपील की कि वे अपनी दुकानों के बाहर किए गए अस्थायी अतिक्रमण को स्वयं हटाएं। दुकानों के आसपास नियमित साफ-सफाई रखें तथा कचरे का उचित निस्तारण सुनिश्चित करें, ताकि शहर के प्रमुख स्थान स्वच्छ एवं व्यवस्थित बने रहें।उन्होंने स्पष्ट किया कि नगर परिषद की ओर से दुकानदारों को स्वयं अतिक्रमण हटाने और स्वच्छता बनाए रखने के लिए समझाइश दी जा रही है। इसके बावजूद यदि अतिक्रमण नहीं हटाया जाता है, तो नगर परिषद की टीम संबंधित स्थानों पर कार्रवाई करते हुए अतिक्रमण हटाएगी।सभापति ने व्यापारियों एवं आमजन से नगर परिषद के इस अभियान में सहयोग करने की अपील करते हुए कहा कि शहर को स्वच्छ, सुंदर एवं व्यवस्थित बनाए रखना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। पार्षद अशोक सोनी, प्रदीप काबरा, नगर परिषद आयुक्त रविंद्र सिंह, एक्सईएन जितेंद्र मीणा सहित अतिक्रमण निरोधक टीम के सदस्य उपस्थित रहे।
100 से अधिक सीसीटीवी खंगाल पुलिस ने ढूंढा बालक, हिंडोली टोल नाके से बरामद
कोतवाली पुलिस ने गुमशुदा 15 वर्षीय बालक को बूंदी जिले के हिंडोली टोल नाके से सकुशल दस्तयाब कर परिजनों के सुपुर्द किया। बालक की तलाश में पुलिस टीम ने चित्तौड़ शहर से लेकर कोटा हाईवे तक 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। पुलिस के अनुसार स्कूल नहीं जाने पर मां की डांट पड़ने के डर से बालक साइकिल लेकर घर से निकल गया था। एसपी धर्मेन्द्रसिंह ने बताया कि 15 अक्टूबर को बालक की मां ने कोतवाली में रिपोर्ट दी कि उनके दोनों बेटे 14 अक्टूबर को स्कूल जाने के लिए घर से निकले थे, लेकिन स्कूल से फोन आने पर पता चला कि दोनों वहां नहीं पहुंचे। तलाश करते हुए वह शंकरगढ़ स्थित आश्रम के पास पहुंचीं, जहां दोनों बेटे मिल गए। इस दौरान उनका 15 वर्षीय बड़ा बेटा मां को देखकर साइकिल लेकर वहां से चला गया। रिपोर्ट पर एएसपी गजेन्द्र सिंह जोधा एवं डीएसपी बृजेशसिंह के सुपरविजन में थानाधिकारी रजनीश कुमार के नेतृत्व में टीम गठित की। पुलिस टीम ने चित्तौड़ शहर और आसपास के क्षेत्रों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। इस दौरान बालक बस्सी टोल नाके से साइकिल पर कोटा हाईवे की ओर जाता दिखा। पुलिस ने हाईवे पर लगे 100 से अधिक कैमरों के फुटेज की जांच करते हुए उसकी तलाश जारी रखी। लगातार प्रयासों के बाद टीम ने बालक को बूंदी जिले के हिंडोली टोल नाके से दस्तयाब कर लिया। पूछताछ में बालक ने बताया कि स्कूल नहीं जाने के कारण मां की डांट के डर से वह साइकिल लेकर निकला था।
विकसित भारत 2047 पर निबंध प्रतियोगिता, सपना सालवी प्रथम
चित्तौड़गढ़ | गर्ल्स कॉलेज में विकसित भारत 2047 अवसर, चुनौतियां और युवा नेतृत्व’ विषय पर निबंध लेखन प्रतियोगिता हुई। इसमें 13 छात्राओं ने भारत को विकसित राष्ट्र बनाने, युवाओं की भूमिका और देश के समक्ष मौजूद अवसरों व चुनौतियों पर विचार प्रस्तुत किए। मतदाता जागरूकता अभियान के तहत हस्ताक्षर अभियान भी चलाया। साहित्यिक समिति एवं आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ आईक्यूएसी के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित प्रतियोगिता का उद्देश्य छात्राओं में राष्ट्र निर्माण के प्रति जिम्मेदारी, रचनात्मक लेखन और नेतृत्व क्षमता विकसित करना था। निबंधों में शिक्षा, नवाचार, तकनीकी विकास, आत्मनिर्भरता और विकसित भारत के लक्ष्य को हासिल करने में युवा शक्ति की भूमिका पर जोर दिया। साहित्यिक समिति प्रभारी शंकर मीना ने बताया कि प्रतियोगिता में सपना साल्वी ने प्रथम, आयशा बानू ने द्वितीय तथा निकिता माली, पायल कंवर और चांवला साक्षी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। निर्णायक डॉ. ज्योति कुमारी, अंजली शर्मा और नमन खंडेलवाल रहे। समिति सदस्य दिव्या चारण, मतदाता प्रभारी जयश्री कुदाल, डॉ. लोकेश जसोरिया, डॉ. अंजू चौहान, डॉ. प्रीतेश राणा मौजूद रहे।
नशे के खिलाफ जागरूकता का संदेश लेकर चित्तौड़ पहुंचेगी बाइक रैली, संवाद भी करेंगे
नशे के खिलाफ जनजागरूकता के लिए निकाली जा रही बाइक रैली शुक्रवार को पहुंचेगी। यह रैली 31 अक्टूबर को गुजरात के एकतानगर में होने वाले राष्ट्रीय एकता दिवस कार्यक्रम के तहत आयोजित की जा रही है, जो सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती से जुड़ा है। रैली अजमेर से रवाना होकर चित्तौड़गढ़ आएगी और आगे उदयपुर के लिए रवाना होगी। एसपी धर्मेंद्र सिंह के अनुसार रैली में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल, सीमा सुरक्षा बल, भारत-तिब्बत सीमा पुलिस, केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल, सशस्त्र सीमा बल और राष्ट्रीय आपदा मोचन बल सहित विभिन्न केंद्रीय सुरक्षा बलों और पुलिस संगठनों के सदस्य शामिल हैं। रैली का उद्देश्य नशे के दुष्प्रभावों को लेकर लोगों को जागरूक करना और युवाओं को नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करना है। रैली के आगमन से पहले व्यवस्थाओं को लेकर पुलिस कार्यालय में बैठक हुई। बैठक में एएसपी गजेंद्र सिंह जोधा सहित संबंधित अधिकारियों ने निर्धारित मार्ग, सुरक्षा व्यवस्था और यातायात प्रबंधन पर चर्चा की। पुलिस ने सभी तैयारियां समय पर पूरी करने के निर्देश दिए। कार्यक्रम के अनुसार रैली का स्वागत भीलवाड़ा-चित्तौड़गढ़ सीमा पर होगा। इसके बाद पुलिस लाइन में स्वागत और सभागार में नशे के खिलाफ संवाद कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। रैली पुलिस लाइन से विजय स्तंभ तक जाएगी। वहां से रवाना होकर दुर्ग मार्ग से उदयपुर जिले के लिए प्रस्थान करेगी। जिला पुलिस ने सुरक्षा और यातायात के लिए व्यवस्थाएं शुरू की हैं।
अलवर| विश्व हिंदू परिषद की बैठक खंडेलवाल धर्मशाला में जिलाध्यक्ष रामदयाल मीणा की अध्यक्षता में हुई। जिला मंत्री विजेंद्र खंडेलवाल ने बताया कि संत शिरोमणि रविदास महाराज की 650वीं जयंती, महर्षि वाल्मीकि जयंती और अशोक सिंहल के जन्मशताब्दी वर्ष के अवसर पर सामाजिक समरसता संगोष्ठी होगी।संगोष्ठी 24 अक्टूबर शाम 4 बजे वैभव गार्डन नमन होटल के पास में होगी। कार्यक्रम महंत ब्रह्ममुनी महाराज, आकाशनाथ महाराज और भिक्खू सुमेध सागर के सानिध्य में प्रस्तावित है। प्रेमसिंह राजावत संयोजक होंगे। विनायक राव देशपांडे मुख्य वक्ता और अजय चांवरिया अध्यक्षता करेंगे।
रामदेवरा रेलवे स्टेशन की स्वच्छता ने जीता यात्रियों का दिल, यात्री ने की सराहना
रेल यात्रियों की समस्याओं के समाधान, शिकायतों के त्वरित निराकरण और यात्रियों की जरूरतों के अनुरूप यात्री सुविधाओं में सुधार के उद्देश्य से उत्तर पश्चिम रेलवे के जोधपुर मंडल के प्रमुख स्टेशनों पर गुरुवार को रेल जनसंवाद कार्यक्रम आयोजित किए गए। विशेष अभियान 6.0 के तहत जैसलमेर जिले के रामदेवरा एवं जैसलमेर रेलवे स्टेशन सहित मंडल के स्टेशनों पर रेलवे अधिकारियों ने यात्रियों, जनप्रतिनिधियों व स्थानीय नागरिकों से सीधा संवाद स्थापित कर उनकी समस्याएं, सुझाव और अपेक्षाएं जानी। रामदेवरा रेलवे स्टेशन पर आयोजित जनसंवाद कार्यक्रम में आरपीएफ के जिला निरीक्षक गोकुलसिंह शेखावत के नेतृत्व में अधिकारियों ने यात्रियों से संवाद किया। इस दौरान पंजाब, हिसार, चूरू सहित विभिन्न राज्यों और जिलों से बाबा रामदेव की समाधि दर्शनार्थ पहुंचे जातरुओं व यात्रियों ने रेल सेवाओं, यात्रा सुविधाओं और स्टेशन परिसर की व्यवस्थाओं से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दे उठाए। अधिकारिपर आयोजित संवाद में आरपीएफ निरीक्षक गोकुलसिंह शेखावत, स्टेशन अधीक्षक लक्ष्मीकांत सिन्हा, आरपीएफ चौकी प्रभारी प्रदीप चौधरी, शंकरलाल मौजूद रहे। आरपीएफ निरीक्षक गोकुलसिंह शेखावत ने कहा कि भारतीय रेल अपने यात्रियों को सुरक्षित, सुगम और आरामदायक यात्रा अनुभव प्रदान करने के लिए निरंतर प्रयासरत है। कार्यक्रम के दौरान हिसार से आए एक यात्री ने रामदेवरा रेलवे स्टेशन की सफाई व्यवस्था की जमकर सराहना की। यात्री ने बताया कि वे पूर्व में भी यहां आए थे और इस बार भी स्टेशन पर स्वच्छता का स्तर बेहद सराहनीय और उत्कृष्ट मिला।
वीरातरा धाम तक पैदल यात्रा रवाना, सिर पर जलता हवन लेकर चल रहे संत
बाड़मेर दानजी की होदी स्थित वांकल माता मंदिर से वीरातरा धाम तक पैदल यात्रा गोस्वामी ओमपुरी जी महाराज के सानिध्य में पूरी श्रद्धा और उत्साह के साथ रवाना हुई। इस अनूठी पैदल यात्रा के दौरान पूरे मार्ग में माता के जयकारे गूंज रहे हैं। यह पैदल संघ पिछले लगातार 20 वर्षों से अनवरत रूप से यात्रा निकाल रहा है।
छात्रों ने बनाई रिबन के आकार की मानव श्रृंखला
बाड़मेर | राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय थोरियों की ढाणी में गुरुवार को अंतरराष्ट्रीय हकलाहट जागरूकता दिवस पर कार्यक्रम हुआ। आयोजन का उद्देश्य छात्रों में सहपाठी संवेदनशीलता और सक्रिय श्रवण की आदत विकसित करना रहा। कार्यक्रम प्रभारी लेखराज गौड़ के निर्देशन में हुआ। स्कूल मैदान में विद्यार्थियों ने हकलाहट जागरूकता के प्रतीक रिबन के आकार में विशाल मानव श्रृंखला बनाई। इसके जरिए समानता और सहयोग का संदेश दिया गया। विशेष प्रार्थना सभा में छात्रों और शिक्षकों ने सामूहिक संकल्प लिया कि हकलाने या बोलने में अटकने वाले किसी भी सहपाठी का मजाक नहीं उड़ाया जाएगा। बातचीत के दौरान धैर्य रखने, पूरी बात सुनने और सम्मान देने की शपथ भी दिलाई गई।
कलेक्टर-एसपी ने बूथों का किया निरीक्षण
बाड़मेर जिला निर्वाचन अधिकारी व जिला कलेक्टर चिन्मयी गोपाल व पुलिस अधीक्षक चूनाराम जाट ने गुरुवार को जिले के सरहदी इलाकों में मतदान केंद्रों का निरीक्षण किया। पंचायतीराज चुनाव के प्रथम चरण में शांतिपूर्ण, निष्पक्ष, सुचारू मतदान के लिए कार्मिकों को निर्देश दिए। चिन्मयी गोपाल व चूनाराम जाट ने रामसर, कंटल का पार, देतानी, हरसाणी, तामलोर, गडरारोड, जाटों की बस्ती, देदूसर, इटादा, धनाऊ के मतदान केंद्र देखे। मतदान प्रक्रिया की समीक्षा की। ईवीएम की सुरक्षा देखी। मतदाता सुविधाओं की जानकारी ली। पीने के पानी, शेड, अन्य जरूरी व्यवस्थाओं का जायजा लिया। सुरक्षा बलों की तैनाती पर भी निर्देश दिए। संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त सतर्कता रखने को कहा। मतदान कर्मचारियों को निर्देश दिए। ताकि किसी मतदाता को परेशानी नहीं हो। इस दौरान रिटर्निंग अधिकारी सुरेश कुमार, विकास अधिकारी विक्रम जांगिड़ सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
अगले साल रामलीला का संकल्प, स्नेहमिलन में आभार जताया
बाड़मेर हाई स्कूल मैदान में 10 दिवसीय रामलीला के सफल समापन के बाद रामलीला कमेटी ने स्नेहमिलन कार्यक्रम किया। कार्यक्रम में कलाकारों, कार्यकर्ताओं, रूपकारों, सहयोगियों का आभार जताया गया। कमेटी अध्यक्ष प्रदीप जोशी, सचिव राजूसिंह सोढ़ा सहित वरिष्ठ पदाधिकारियों ने कहा कि इस साल की रामलीला सभी के सहयोग से बहुत शानदार रही। उन्होंने कलाकारों को अगले वर्ष की रामलीला के लिए अग्रिम शुभकामनाएं दी। रामलीला समिति के मीडिया प्रभारी रमेश कड़ेला ने बताया कि स्नेहमिलन के दौरान कलाकारों के बीच अभिनव पर तर्क-वितर्क हुआ। सही संकल्प लिया गया। अगले वर्ष इससे भी भव्य और सुंदर रामलीला का मंचन किया जाएगा।
मुंगेरिया में मोबाइल हेल्थ वैन का शिविर, जांच और मुफ्त दवाइयां
बाड़मेर | ग्राम पंचायत मुंगेरिया में गुरुवार को धारा संस्थान ने सुजलॉन फाउंडेशन के सहयोग से मोबाइल हेल्थ वैन कार्यक्रम के तहत नियमित स्वास्थ्य शिविर लगाया। सामान्य रोग विशेषज्ञ डॉ. अरविन्द सिंह नरुका ने बदलते मौसम से ग्रामीणों में बढ़ रही स्वास्थ्य समस्याओं को देखते हुए जांच की। जरूरतमंद लोगों को निशुल्क दवाइयां भी दी। धारा संस्थान के प्रोजेक्ट मैनेजर मनोहर लाल भादू ने कहा कि नियमित शिविरों से ग्रामीणों को लाभ मिल रहा है। दूर-दराज के इलाकों में लोगों को गांव में ही जांच, परामर्श, निशुल्क दवाइयों की सुविधा मिल रही है। समय पर उपचार हो रहा है। स्वास्थ्य सेवाओं के लिए दूर जाने की परेशानी कम हो रही है। सुजलॉन फाउंडेशन के सीएसआर मैनेजर किशनलाल जाखड़ ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में ऐसे शिविर लाभकारी हैं। गांव में ही जांच और निशुल्क दवा मिलने से समय और धन की बचत होती है।
पंजीकरण संख्या व बैच नंबर से करें उत्पाद की पुष्टि,पैकेजिंग की जांच करना जरूरी
भारत सरकार के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय के वनस्पति संरक्षण, संगरोध एवं संग्रह निदेशालय के तहत टिड्डी-सह-एकीकृत नाशीजीव प्रबंधन केंद्र द्वारा जैसलमेर जिले के सावला गांव में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रभारी अधिकारी व वनस्पति संरक्षण अधिकारी कीट विज्ञान अमित कुमार मीणा ने किसानों को असली व नकली कीटनाशकों की पहचान करने के तरीके बताए। उन्होंने प्राकृतिक खेती के महत्व पर बल देते हुए सीमित मात्रा में कीटनाशकों का प्रयोग करने की सलाह दी, ताकि फसलों के मित्र कीटों का संरक्षण हो सके और प्राकृतिक संतुलन बिगड़े बिना रसायनों के अंधाधुंध उपयोग से बचा जा सके। कृषि पर्यवेक्षक रामनारायण कुमावत ने किसानों को ट्राइकोडर्मा से बीज व भूमि उपचार की तकनीक सिखाई। उन्होंने बुवाई से पहले मृदा उपचार को प्राथमिकता देने और रासायनिक कीटनाशकों का उपयोग अंतिम विकल्प के रूप में करने पर जोर दिया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य किसानों को नकली उत्पादों से होने वाले नुकसान से बचाना रहा। इस दौरान बड़ी संख्या में किसान व ग्रामीण मौजूद रहे। केंद्र के वैज्ञानिक सहायक पवनसिंह पनौरा ने किसानों को कीटनाशक खरीदते समय पैकिंग और सील की अच्छी तरह जांच करने को कहा। उन्होंने बताया कि उत्पाद के साथ लीफलेट होना जरूरी है। पैकेट पर अंकित पंजीकरण संख्या और बैच नंबर से उत्पाद की प्रमाणिकता जांची जा सकती है। इसके अलावा किसान सीआईबीआरसी की आधिकारिक वेबसाइट और पैकेट पर दिए क्यूआर या बारकोड को स्कैन कर जानकारी ले सकते हैं। उन्होंने निर्माण, एक्सपायरी तिथि जांचने और पक्का जीएसटी बिल लेने की सलाह दी।
दहेज दानव का अंत और शिक्षा जरूरी : पुरोहित
राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली व राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जयपुर के निर्देशानुसार जिला एवं सेशन न्यायाधीश व प्राधिकरण अध्यक्ष ओमी पुरोहित तथा सचिव ललित पुरोहित के मार्गदर्शन में गफूर भट्टा स्थित आंगनवाड़ी केंद्र संख्या 11 में विधिक जागरूकता शिविर आयोजित हुआ। शिविर में अधिकार मित्र जगदीश कुमार ने महिलाओं व बच्चों को विधिक अधिकारों, निशुल्क व अनिवार्य शिक्षा के अधिकार तथा कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने संविधान के अनुच्छेद 39(ए) के तहत जरूरतमंदों को मिलने वाली निशुल्क कानूनी सहायता, मध्यस्थता, लोक अदालत व स्थाई लोक अदालत के बारे में समझाया। साथ ही दहेज प्रतिषेध अधिनियम, बाल विवाह व मृत्युभोज रोकथाम कानून पर चर्चा कर सामाजिक कुरीतियों के बहिष्कार और ड्रॉप आउट बालिकाओं को पुनः स्कूल से जोड़ने का आह्वान किया। इस दौरान साइबर फ्रॉड से बचाव, नशामुक्ति, सिंगल यूज प्लास्टिक का उपयोग न करने तथा अधिक से अधिक पौधे लगाकर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प दिलाया गया।
शरद पूर्णिमा 25 को, खुले में खीर रखने की परंपरा
नटवाड़ा. शरद ऋतु की निर्मल चांदनी, खुले आसमान में रखी खीर, मां लक्ष्मी की आराधना। इन्हीं परंपराओं के साथ शरद पूर्णिमा का पर्व 25 अक्टूबर को मनाया जाएगा। आश्विन मास की पूर्णिमा पर श्रद्धालु चंद्रदेव की पूजा-अर्चना करेंगे। सुख-समृद्धि की कामना करेंगे। घरों और मंदिरों में खीर का भोग लगेगा। रात्रि जागरण होगा। दीपदान होगा। भजन-कीर्तन होंगे। धार्मिक मान्यता है कि इस दिन चंद्रमा सोलह कलाओं से परिपूर्ण होता है। चांदनी का खास महत्व माना जाता है। शरद पूर्णिमा की प्रमुख परंपरा खीर को रात में खुले आसमान के नीचे रखना है। मान्यता है कि चंद्रमा की किरणों से खीर में अमृततुल्य गुण समाहित होते हैं। इसी विश्वास से लोग खीर चांदनी में रखते हैं। अगली सुबह परिवार के सदस्यों में प्रसाद के रूप में बांटते हैं। वैदिक पंचांग के अनुसार आश्विन शुक्ल पूर्णिमा तिथि 25 अक्टूबर को सुबह 11 बजकर 55 मिनट पर शुरू होगी। 26 अक्टूबर को सुबह 9 बजकर 41 मिनट तक रहेगी। शरद पूर्णिमा का मुख्य पर्व 25 अक्टूबर की रात मनाया जाएगा। चंद्रदेव को अर्घ्य दिया जाएगा। पूजा-अर्चना होगी। खीर का भोग लगेगा।
दुकानों के आगे डस्टबिन रखें कचरा गाड़ी में ही डालें:चौहान
आगामी पर्यटन सीजन के मद्देनजर स्वर्णनगरी को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखने के उद्देश्य से नगर परिषद उप सभापति मधुबाला देवीसिंह चौहान ने शहर की सफाई व्यवस्था का औचक जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने मुख्य बाजारों, प्रमुख पर्यटन स्थलों और रिहायशी कॉलोनियों का दौरा कर सफाई कार्य की जमीनी हकीकत परखी। उप सभापति ने मौके पर मौजूद सफाई निरीक्षकों और सफाई कर्मचारियों को नियमित रूप से कचरा उठाने, नालियों की समुचित सफाई करने तथा पूरे शहर में चाक-चौबंद व्यवस्था बनाए रखने के सख्त निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जैसलमेर विश्व प्रसिद्ध पर्यटन स्थल है, ऐसे में देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों और स्थानीय निवासियों को स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराना परिषद की प्राथमिकता है। उप सभापति मधुबाला देवीसिंह चौहान ने शहरवासियों से भी अपील की कि वे कचरा खुले में फेंकने के बजाय नगर परिषद के डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण वाहनों में ही डालें। साथ ही उन्होंने सभी व्यापारियों व दुकानदारों से अपनी दुकानों के आगे अनिवार्य रूप से डस्टबिन रखने की अपील की। इस दौरान उप सभापति प्रतिनिधि व पूर्व पार्षद देवीसिंह चौहान मौजूद रहे।
फ्रांस से आए सैलानियों ने विद्यार्थियों से की सार्थक चर्चा व साझा किए अनुभव
फ्रांस से आए विदेशी सैलानी केविन और उनके परिवार के सदस्यों ने स्कूली बच्चों से रूबरू होकर संवाद किया। द नारायण स्कूल में विद्यार्थियों द्वारा विदेशी मेहमानों का स्वागत किया गया। इसके बाद विदेशी मेहमानों ने विद्यालय के छात्र छात्राओं से संवाद किया और अपने अनुभव साझा किए। बच्चों को फ्रांस की संस्कृति, सामाजिक परंपराओं, जीवनशैली और शिक्षा प्रणाली को करीब से जानने का अवसर मिला। विद्यालय प्रबंधन ने कहा कि वास्तविक शिक्षा केवल कक्षाओं की चारदीवारी तक सीमित नहीं है, बल्कि यह दुनिया भर की संस्कृतियों को जोड़ने का सशक्त माध्यम है। इस तरह के प्रेरणादायक संवाद से बच्चों में विविधता को अपनाने, विभिन्न परंपराओं का सम्मान करने और जागरूक वैश्विक नागरिक बनने की भावना विकसित होती है। विद्यालय परिवार ने केविन और उनके परिवार का आभार व्यक्त किया।
जनसंपर्क के दौरान पारख का विरोध, पुराने वादे याद दिलाए
रोहट क्षेत्र के वायद गांव में जन संपर्क के दौरान भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व विधायक ज्ञानचंद पारख को विरोध झेलना पड़ा। इसका वीडियो वायरल हो रहा है। संबोधन और वापसी के दौरान एक युवक आक्रोशित अंदाज में पारख से सवाल पूछता नजर आ रहा है। इस दौरान पारख उसे समझाने का प्रयास करते हुए दिख रहे हैं। युवक ने सवाल किया कि आप वोट मांगने तो आ गए हैं, लेकिन यह बताइए कि पिछले कार्यकाल में धरातल पर क्या काम करवाए गए? युवक के इस सवाल के बाद बैठक में मौजूद कुछ अन्य ग्रामीण भी मुखर हो गए। ग्रामीणों का कहना था कि चुनावों के दौरान किए गए वादे आज तक कागजों तक ही सीमित हैं और धरातल पर समस्याओं का समाधान नहीं हुआ है। जब पारख रवाना हो रहे थे तभी युवक ने उनसे कहा कि मैं कहां गलत हूं। पारख गाड़ी से उतरकर युवक से बात कर रवाना हो गए।
चैंबर में मारपीट के 7वें दिन एसई रीनेश सिंघवी और एक्सईएन शंकरलाल राठौड़ दोनों ही एपीओ
जल संसाधन विभाग पाली के एसई रीनेश सिंघवी और एक्सईएन शंकरलाल राठौड़ को गुरुवार को एपीओ कर दिया गया। एसई चैंबर में गत 16 अक्टूबर को मारपीट के बाद से दोनों अधिकारी सुर्खियों में थे। विभाग के वरिष्ठ शासन उप सचिव राज कुमार निर्वाण ने गुरुवार शाम प्रशासनिक कारणों का हवाला देते हुए एपीओ आदेश किया। दोनों अधिकारियों को पदस्थापन आदेशों की प्रतीक्षा की अवधि के दौरान अपनी उपस्थिति कार्यालय मुख्य अभियंता, जल संसाधन विभाग, जयपुर में देने के निर्देश दिए गए हैं। दोनों अफसरों के एक साथ हटने से अब पाली जल संसाधन वृत्त में नए अधिकारियों की पदस्थापना या अतिरिक्त कार्यभार सौंपा जाएगा। इधर, एसई और एक्सईएन के बीच हुई मारपीट को लेकर दोनों पक्षों ने पाली कोतवाली थाने में रिपोर्ट दी थी, लेकिन पुलिस ने इन पर एफआईआर दर्ज कर करने की बजाय अब तक इन रिपोर्ट को केवल जांच में ही रखा है। पुलिस की इस मामले में चुप्पी को लेकर भी कई तरह के सवाल खड़े हो रहे हैं। बता दें कि 16 अक्टूबर को हुए घटनाक्रम में एसई रीनेश सिंघवी पर आरोप लगाया था कि एक्सईएन शंकरलाल राठौड़ ने बेटे के साथ आकर मारपीट की। एक्सईएन ने भी एसई पर लात मारने का आरोप लगाया था। दैनिक भास्कर ने सिंचाई विभाग के इन दोनों अधिकारियों के बीच जारी खींचतान, मारपीट, फर्जी एफडी मामले में एसई के निलंबन व स्टे, एक्सईएन पर लगे रिश्वतखोरी व गबन के आरोपों तथा विभागीय काम में मनमानी की पूरी पड़ताल प्रमुखता से प्रकाशित की थी। खबर सामने आते ही जयपुर शासन सचिवालय से लेकर मुख्य अभियंता कार्यालय जोधपुर तक हड़कंप मच गया था। पाली जल संसाधन विभाग में ठेकेदार से मुफ़्त काम कराने, नहर पेट्रोलिंग टेंडरों में गबन और सरदार समंद नहरों में पानी न पहुंचने को लेकर मुख्य अभियंता स्तर पर जांच कमेटी पिछले 7 महीनों से लंबित चल रही थी। शिकायतकर्ताओं और ठेकेदारों का आरोप था कि दोनों अफसर पदों पर बने रहकर जांच को प्रभावित कर रहे थे। अब दोनों शीर्ष अधिकारियों के पाली से हटने और जयपुर एपीओ होने के बाद लंबित जांच निष्पक्षता से पूरी होने तथा संवेदकों के अटके भुगतानों का रास्ता साफ होने की संभावना है।
चाणोद में 1637 मतदाताओं ने डाला वोट
पंचायती राज चुनाव के प्रथम चरण में जिला परिषद एवं पंचायत समिति सदस्यों के लिए गुरुवार को मतदान हुआ। चाणोद पंचायत के सात मतदान केंद्र पर 3342 मतदाताओं ने मताधिकार का उपयोग किया। इसी तरह अनोपपुरा पंचायत के तीन मतदान केंद्र पर 1637 मतदाताओं ने मताधिकार का उपयोग किया। बड़गांवडा पंचायत के चार मतदान केंद्र पर 1456 मतदाताओं ने वोट डाले। जोनल मजिस्ट्रेट मोहनलाल ने बताया कि मतदान शांतिपूर्ण तरीके से हुआ ।

