प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में मूसलाधार बारिश के बाद पैदा हुई जलभराव की भीषण स्थिति और सीवेज प्रबंधन में लापरवाही पर उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने सख्त प्रशासनिक कार्रवाई की है। जनसमस्याओं और बुनियादी नागरिक सुविधाओं के प्रति घोर उदासीनता बरतने वाले अफसरों के खिलाफ मुख्यमंत्री की 'जीरो टॉलरेंस' नीति के तहत उत्तर प्रदेश जल निगम (नगरीय) के निर्माण खंड (विद्युत/यांत्रिक) में तैनात अधिशासी अभियंता (एक्जीक्यूटिव इंजीनियर) पवन कुमार गुप्ता को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। शासन ने न केवल निलंबन की त्वरित कार्रवाई की है, बल्कि उनके खिलाफ उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक (अनुशासन एवं अपील) नियमावली-1999 के कड़े नियम-7 के तहत विभागीय अनुशासनिक जांच भी शुरू कर दी है। नगर विकास विभाग के आधिकारिक आदेश के अनुसार मुख्य अभियंता (क्रय), उत्तर प्रदेश जल निगम (नगरीय), लखनऊ को इस पूरे मामले का पदेन जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है, जिन्हें विस्तृत रिपोर्ट शासन को सौंपने का निर्देश दिया गया है।चौकाघाट सीवेज पंपिंग स्टेशन और गोईठहां एसटीपी पर बंद मिले पंप: बैकफ्लो बैरियर न लगाने से डूबे निचले इलाकेप्रारंभिक तकनीकी जांच और स्थलीय पड़ताल में यह तथ्य उजागर हुआ कि चौकाघाट सीवेज पम्पिंग स्टेशन पर नदी के बैकफ्लो को शहर में घुसने से रोकने के लिए तकनीकी आकलन और कार्ययोजना बनाने में भारी लापरवाही बरती गई थी। नदी के जलस्तर में वृद्धि के दौरान आवश्यक गेट अथवा सुरक्षा बैरियर लगाने की कोई पूर्व तैयारी नहीं की गई, जिससे सीवर बैकफ्लो का संकट गहरा गया। सबसे गंभीर लापरवाही 3 और 4 सितंबर को सामने आई, जब लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के बावजूद चौकाघाट सीवेज पम्पिंग स्टेशन और गोईठहां सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) पर स्थापित उच्च क्षमता वाले पंप बंद रखे गए थे। बारिश के पीक आवर्स के दौरान पंपों का समय पर संचालन न होने के कारण शहर की मुख्य सीवर लाइनों पर अत्यधिक दबाव बढ़ गया और निकासी पूरी तरह ठप हो गई। इसके परिणामस्वरूप सिगरा, रथयात्रा, चौकाघाट और वरुणा पार के दर्जनों निचले रिहायशी इलाकों में सीवर का गंदा पानी भर गया, जिससे स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों को भारी जलजमाव का सामना करना पड़ा।नगर विकास मंत्री ए.के. शर्मा का वाराणसी दौरा: ग्राउंड जीरो पर दिखी नाराजगी, अफसरों को दी थी सख्त चेतावनीवाराणसी के कई हिस्सों में जलभराव की विकट समस्या का संज्ञान लेते हुए प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने 12 और 13 सितंबर को वाराणसी का सघन स्थलीय निरीक्षण किया था। निरीक्षण के दौरान मंत्री ने चौकाघाट समेत अन्य संवेदनशील पंपिंग स्टेशनों और जलभराव वाले मोहल्लों में पहुंचकर जमीनी हकीकत परखी। बारिश के दौरान पंप बंद रहने और बैकफ्लो से निपटने की पुख्ता योजना न होने पर उन्होंने गहरी नाराजगी जताई थी। मंत्री ए.के. शर्मा ने मौके पर ही आलाधिकारियों को तलब कर निर्देश दिए थे कि जल निकासी का काम युद्धस्तर पर पूरा किया जाए और आम जनता को जलभराव के संकट से तुरंत राहत दिलाई जाए। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी थी कि जनता से जुड़े बुनियादी कार्यों में लापरवाही बरतने वाले किसी भी इंजीनियर या अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा, जिसके बाद शासन स्तर पर यह कठोर निलंबन आदेश जारी किया गया।निलंबन अवधि में कानपुर मुख्यालय से संबद्ध: जनहित के कार्यों में कोताही पर कड़ा संदेशशासन द्वारा जारी आधिकारिक निलंबन आदेश के तहत अधिशासी अभियंता पवन कुमार गुप्ता को निलंबन काल के दौरान मुख्य अभियंता (कानपुर क्षेत्र), उत्तर प्रदेश जल निगम (नगरीय), कानपुर कार्यालय से संबद्ध (अटैच) कर दिया गया है। नियमों के अनुसार निलंबन अवधि में उन्हें केवल निर्धारित जीवन निर्वाह भत्ता ही देय होगा। शासन ने इस कड़ी कार्रवाई के माध्यम से राज्य के सभी विकास प्राधिकरणों, नगर निगमों और जल निगम के अधिकारियों को कड़ा संदेश दिया है कि उच्चाधिकारियों द्वारा जारी निर्देशों की अनदेखी और फील्ड में काम न करने की प्रवृत्ति किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि आगामी दिनों में किसी भी शहर में सीवेज ओवरफ्लो और जलभराव की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए सभी पंपिंग स्टेशनों का ऑटोमेशन और वैकल्पिक बैकअप चौबीसों घंटे चालू रखा जाए।
उत्तर प्रदेश की भावी पीढ़ी और किशोरों को नशे के घातक दलदल से सुरक्षित रखने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व वाली सरकार ने राज्यभर में कानून के सख्त अनुपालन का नया मानक स्थापित किया है। प्रदेश सरकार की आबकारी नीति का उद्देश्य केवल नकली, अवैध और जहरीली शराब के सिंडिकेट को जड़ से उखाड़ फेंकना ही नहीं है, बल्कि कम उम्र के बच्चों और नाबालिगों तक किसी भी रूप में मादक पदार्थों की पहुंच को पूरी तरह प्रतिबंधित करना भी है। राजधानी लखनऊ के विकासनगर इलाके में एक नाबालिग बच्चे को शराब बेचे जाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही राज्य के आबकारी महकमे ने बिना किसी विलंब के त्वरित दंडात्मक कार्रवाई करके शराब कारोबारियों और अनुज्ञापियों को स्पष्ट चेतावनी दे दी है कि कानून व नियमों से खिलवाड़ किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) और अन्य डिजिटल मंचों पर नागरिकों द्वारा वीडियो साझा किए जाने के तुरंत बाद शासन ने मामले का संज्ञान लिया और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ मिसाल कायम करने वाली कार्रवाई के आदेश जारी किए।लखनऊ के विकासनगर में सोशल मीडिया वीडियो पर बिजली जैसी फुर्ती से एक्शनमामले की गंभीरता को देखते हुए जिला आबकारी अधिकारी, लखनऊ ने 11 सितंबर को वायरल वीडियो की फॉरेंसिक और प्रशासनिक जांच कराई। आधिकारिक पड़ताल में यह प्रमाणित हुआ कि वीडियो विकासनगर थाना क्षेत्र के शुभौली स्थित एक कम्पोजिट शराब दुकान का है, जहां सेल्समैन और एक जागरूक नागरिक के बीच तीखी बहस हो रही थी। नागरिक का आरोप था कि दुकान का सेल्समैन बिना उम्र का सत्यापन किए एक नाबालिग बच्चे को खुलेआम शराब बेच रहा था। जांच टीम ने जब मौके पर जाकर पड़ताल की और दुकान के सेल्समैन का आचरण असंतोषजनक व नियमों के विपरीत पाया, तो अनुज्ञापी को निर्देश देकर उस लापरवाह सेल्समैन को तत्काल प्रभाव से नौकरी से बर्खास्त करवा दिया। इसके साथ ही संबंधित कम्पोजिट दुकान के खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत कठोर प्रशमन (कंपाउंडिंग) की विधिक प्रक्रिया अमल में लाते हुए 30 हजार रुपये का नकद जुर्माना लगाया गया। महज कुछ ही घंटों के भीतर की गई इस त्वरित कार्रवाई ने यह सिद्ध कर दिया है कि युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।आबकारी मंत्री नितिन अग्रवाल का फील्ड अफसरों को सख्त फरमान: 24 घंटे रखें निगरानीइस कड़ी प्रशासनिक कार्रवाई के बाद उत्तर प्रदेश के आबकारी राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) नितिन अग्रवाल ने मुख्यालय स्तर से लेकर जिला स्तर के सभी आबकारी निरीक्षकों, उपायुक्तों और प्रवर्तन दलों को अपने-अपने अधिकार क्षेत्रों में औचक निरीक्षण और चौबीसों घंटे निगरानी रखने के सख्त निर्देश जारी किए हैं। आबकारी मंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि प्रदेश भर में संचालित किसी भी देशी, विदेशी मदिरा, बियर या मॉडल शॉप पर यदि 21 वर्ष से कम उम्र के नाबालिग को शराब बेचे जाने की एक भी शिकायत मिली, तो न केवल सेल्समैन पर गाज गिरेगी बल्कि दुकान का लाइसेंस निरस्त करने और अनुज्ञापी पर कठोर कानूनी कार्रवाई करने में कोई संकोच नहीं किया जाएगा। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे शराब की दुकानों के बाहर 'नाबालिगों को शराब की बिक्री कानूनी अपराध है' के चेतावनी बोर्ड अनिवार्य रूप से लगवाएं और सीसीटीवी कैमरों की सक्रियता की नियमित जांच करें ताकि नियमों का पारदर्शी पालन सुनिश्चित हो सके।जहरीली शराब पर साढ़े चार साल से पूर्ण विराम: यूपी बना देश के लिए रोल मॉडलमुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कुशल नेतृत्व, शून्य सहिष्णुता (जीरो टॉलरेंस) की नीति और डिजिटल ट्रैकिंग प्रणाली के चलते पिछले साढ़े चार वर्षों से अधिक समय से उत्तर प्रदेश में अवैध या जहरीली शराब की त्रासदी का एक भी मामला सामने नहीं आया है। क्यूआर कोड आधारित बॉटल ट्रैकिंग, डिस्टिलरी स्तर पर डिजिटल निगरानी और सीमावर्ती जिलों में कड़े प्रवर्तन अभियानों के कारण उत्तर प्रदेश का आबकारी प्रबंधन आज देश के अन्य राज्यों के लिए एक अनुकरणीय रोल मॉडल बन चुका है। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि राजस्व में ऐतिहासिक बढ़ोतरी दर्ज करने के साथ-साथ समाज को नशामुक्त और सुरक्षित वातावरण देना सरकार की शीर्ष प्राथमिकता है, और लखनऊ में हुई यह त्वरित दंडात्मक कार्रवाई इसी अटूट प्रतिबद्धता का जीवंत प्रमाण है।
झज्जर जिले के बहादुरगढ़ में दिल्ली, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में लूट व चेन स्नेचिंग की वारदातों को अंजाम देने वाले दो आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान रोबोट निवासी नजफगढ़, दिल्ली और तरुण निवासी प्रताप नगर, दिल्ली के रूप में हुई है। दोनों ने 31 अगस्त को बहादुरगढ़ में घर से मंदिर जा रही महिला से सोने की चेन झपटी थी। चेन स्नेचिंग की यह वारदात CCTV कैमरे में भी कैद हुई थी, जिसके आधार पर पुलिस ने जांच को आगे बढ़ाया।एसीपी क्राइम शमशेर सिंह ने सोमवार को लघु सचिवालय स्थित अपने कार्यालय में प्रेस वार्ता कर मामले का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि CIA-2 बहादुरगढ़ प्रभारी निरीक्षक रविंद्र कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने CCTV फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान की। इसके बाद दोनों को बहादुरगढ़ शहर थाना क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया गया। 47 और 27 आपराधिक मामलों में नामगिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें एक दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया। पूछताछ में आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड और अन्य वारदातों के संबंध में जानकारी सामने आई।पुलिस के अनुसार, आरोपी रोबोट के खिलाफ लूट व चेन स्नेचिंग समेत 47 आपराधिक मामले दर्ज हैं। वहीं, तरुण के खिलाफ 27 मामले दर्ज होने की जानकारी सामने आई है।चोरी की बाइक से वारदात, फाइनेंसर को बेच दी थी चेनपुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल की गई चोरी की मोटरसाइकिल बरामद की है। पूछताछ में सामने आया कि महिला से छीनी गई सोने की चेन आरोपियों ने एक फाइनेंसर कंपनी को बेच दी थी। पुलिस ने चेन बेचने से संबंधित रसीद भी बरामद कर ली है।पुलिस अब दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है। पुलिस का कहना है कि पूछताछ के दौरान दिल्ली, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में की गई अन्य लूट व चेन स्नेचिंग की वारदातों के संबंध में भी महत्वपूर्ण खुलासे होने की संभावना है।
हिंदी दिवस के अवसर पर जनपद सोनभद्र में हिंदी भाषा के सम्मान, संवर्धन और दैनिक जीवन में अधिकाधिक प्रयोग को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से विभिन्न शिक्षण संस्थानों में विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। विद्यार्थियों ने कविता, कहानी, नाटक और पोस्टर के माध्यम से हिंदी के प्रति अपने प्रेम और सम्मान को अभिव्यक्त किया। अटल आवासीय विद्यालय, गुरमुरा में हिंदी पखवाड़े की शुरुआत हुई। यहां बच्चों को हिंदी की साहित्यिक विरासत और उसके महत्व के बारे में बताया गया। इस दौरान एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय, पीपरखण्ड, कोन और पीएम श्री राजकीय इंटर कॉलेज शक्तिनगर में भी हिंदी दिवस धूमधाम से मनाया गया। विद्यार्थियों ने कविता, कहानी, पोस्टर बनाने और नाटक जैसी गतिविधियों में हिस्सा लिया। उन्होंने अपनी प्रतिभा और रचनात्मकता का शानदार प्रदर्शन किया। कुछ बच्चों ने कविताओं से हिंदी का गौरव बताया, तो कुछ ने कहानियों और अभिनय से हिंदी का महत्व समझाया। विद्यार्थियों ने आकर्षक पोस्टर भी बनाए, जिनसे हिंदी के प्रति प्रेम और जागरूकता दिखी। इन कार्यक्रमों में हिंदी को बचाने, बढ़ावा देने और रोजमर्रा के जीवन में ज्यादा इस्तेमाल करने का संदेश दिया गया। हिंदी दिवस के इन आयोजनों से बच्चों को अपनी रचनात्मकता दिखाने का मौका मिला। साथ ही, उनमें हिंदी के प्रति गौरव और सम्मान की भावना भी मजबूत हुई।हिंदी दिवस के आयोजन ने विद्यार्थियों में भाषा के प्रति गौरव, आत्मीयता और सम्मान की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया।
खिलचीपुर में जोरदार बारिश, गड़गंगा उफनी:सोमवारिया जाने वाले पुल पर पानी आया, 124.6 मिमी बारिश दर्ज
राजगढ़ के खिलचीपुर में सोमवार दोपहर तेज हवा के साथ करीब आधे घंटे तक जोरदार बारिश हुई। बारिश के बाद गाडगंगा नदी का जलस्तर बढ़ गया। नदी उफान पर आ गई। सोमवारिया जाने वाले छोटे पुल पर पानी आ जाने से आवागमन प्रभावित हुआ। लोग बड़े पुल से होकर आते-जाते रहे। चार दिन से रुक-रुककर बारिश राजगढ़ जिले में पिछले चार दिनों से रुक-रुककर बारिश का दौर जारी है। कुछ देर धूप निकलने के बाद फिर बादल छा जाते हैं और बारिश शुरू हो जाती है। सोमवार को खिलचीपुर में जिले में सबसे ज्यादा 124.6 मिमी बारिश दर्ज की गई। तेज बारिश का असर गाडगंगा नदी के जलस्तर पर भी दिखाई दिया। सोमवार को जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में भी बारिश दर्ज की गई। पिछले साल से 363.3 मिमी कम बारिश 1 जून से 14 सितंबर तक राजगढ़ जिले में औसत 975.1 मिमी बारिश दर्ज की गई है। पिछले साल इसी अवधि में 1338.4 मिमी बारिश हुई थी। इस तरह इस सीजन अब तक पिछले साल की समान अवधि की तुलना में जिले में 363.3 मिमी कम बारिश हुई है।
रहवासी इलाकों में कमर्शियल एक्टिविटी बंद करने के लिए निगम ने पिछले दिनों सीलिंग की कार्रवाई की थी। कार्रवाई अब सवालों के घेरे में आ गई है। रहवासियों ने नीलबड़ रोड स्थित साक्षी ढाबे की वह तस्वीर जारी की, जिसे निगम ने सील कर दिया, लेकिन खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग ने दो दिन पहले यहां पर कार्रवाई की थी। संयुक्त रहवासी संघर्ष समिति ने नगर निगम कमिश्नर संस्कृति जैन को शिकायत भेजकर साक्षी ढाबे को तत्काल पुनः सील करने, सीलिंग के बाद खुले अन्य प्रतिष्ठानों का सर्वे कराने, जिम्मेदार अधिकारी और संचालकों की भूमिका की जांच कर वैधानिक कार्रवाई की मांग की है। समिति ने सवाल उठाया कि जिस प्रतिष्ठान पर नगर निगम ने कार्रवाई कर सील लगाई थी, वह सीलिंग के बाद दोबारा कैसे खुल गया? क्या नगर निगम ने सील हटाने या प्रतिष्ठान खोलने की अनुमति दी थी? यदि अनुमति नहीं दी गई थी तो सील किसने हटाई या तोड़ी और उसके खिलाफ अब तक FIR क्यों दर्ज नहीं की गई? खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्रवाई से मामला सामने आयासमिति के अनुसार, 13 सितंबर को खाद्य सुरक् एवं औषधि प्रशासन की टीम ने भदभदा क्षेत्र स्थित साक्षी ढाबे का निरीक्षण कर कार्रवाई की गई। यह तथ्य इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि उक्त ढाबे को नगर निगम द्वारा सील किए जाने की कार्रवाई के फोटो और वीडियो सार्वजनिक रूप से सामने आए थे। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब प्रतिष्ठान नगर निगम द्वारा सील किया गया था, तो खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम को वहां दोबारा संचालित गतिविधियां कैसे मिलीं? समिति का कहना है कि खाद्य सुरक्षा विभाग की 13 सितंबर की कार्रवाई से जुड़े पंचनामा, निरीक्षण रिपोर्ट, नमूना लेने की कार्रवाई, फोटो-वीडियो एवं अन्य अभिलेख इस पूरे मामले की जांच में महत्वपूर्ण साक्ष्य हैं। इन्हें नगर निगम की जांच का हिस्सा बनाया जाना चाहिए और सर्वोच्च न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत की जाने वाली एक्शन टेकन रिपोर्ट में भी शामिल किया जाना चाहिए। रहवासी बोले- 'सीलिंग कोई फोटो खिंचवाने की कार्रवाई नहीं'रहवासी लवनीश भाटी ने बताया कि यह सिर्फ साक्षी ढाबे का मामला नहीं है, बल्कि नगर निगम की पूरी सीलिंग कार्रवाई की विश्वसनीयता का सवाल है। अगर सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुपालन में लगाई गई सील के बाद कोई प्रतिष्ठान दोबारा खुल जाता है तो नगर निगम को जवाब देना होगा कि सील किसने खोली और किसकी अनुमति या संरक्षण में वहां व्यावसायिक गतिविधियां शुरू हुईं। सीलिंग कोई फोटो खिंचवाने की कार्रवाई नहीं है। उन्होंने कहा कि 13 सितंबर को खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा की गई कार्रवाई को गंभीरता से लेते हुए उसके सभी दस्तावेजों को नगर निगम की जांच में शामिल किया जाना चाहिए और वास्तविक स्थिति सर्वोच्च न्यायालय के समक्ष रखी जानी चाहिए। याचिकाकर्ता विवेक त्रिपाठी ने कहा कि एक तरफ नगर निगम सर्वोच्च न्यायालय के आदेश का हवाला देकर सीलिंग कर रहा है और दूसरी तरफ सील किए गए प्रतिष्ठान दोबारा खुल रहे हैं। आखिर यह दोहरा मापदंड कब तक चलेगा? आम नागरिक और छोटे दुकानदारों के लिए कानून अलग और प्रभावशाली प्रतिष्ठानों के लिए अलग क्यों? त्रिपाठी ने कहा कि यदि किसी प्रतिष्ठान को सील करने के बाद बिना सक्षम अनुमति के खोला गया है, तो इसकी निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार व्यक्ति की पहचान की जानी चाहिए और नियमानुसार सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
मिर्जापुर के कछवां कस्बे के लोगों को जल्द ही रेलवे क्रॉसिंग पर लगने वाले जाम से छुटकारा मिलेगा। भैंसा में बन रहा रेलवे ओवरब्रिज अब अपने आखिरी दौर में है। सेतु निगम के अधिकारियों ने बताया है कि यह ओवरब्रिज अक्टूबर के आखिर तक पूरा होकर चालू हो जाएगा। सोमवार को केंद्रीय राज्य मंत्री और सांसद अनुप्रिया पटेल ने मझवां विधानसभा क्षेत्र के भैंसा पहुंचकर इस बन रहे रेलवे ओवरब्रिज को मौके पर जाकर देखा। उन्होंने सेतु निगम के अधिकारियों से पुल के काम कितना हुआ है, इसकी जानकारी ली। अधिकारियों ने बताया कि ओवरब्रिज का ज्यादातर काम पूरा हो चुका है और निर्माण आखिरी दौर में है। तय योजना के मुताबिक, अक्टूबर के आखिर तक इसका काम पूरा कर लिया जाएगा। निरीक्षण के दौरान अनुप्रिया पटेल ने कहा कि ओवरब्रिज शुरू होने से कछवां और आसपास के इलाके के लोगों को आने-जाने में बहुत आसानी होगी। रेलवे क्रॉसिंग पर बार-बार लगने वाले जाम से छुटकारा मिलेगा। इससे ट्रैफिक आसान होगा और हादसों का डर भी कम होगा। उन्होंने यह भी कहा कि जिले में तेजी से हो रहे विकास के कारण कछवां कस्बे में ट्रैफिक का दबाव लगातार बढ़ा है। रेलवे लाइन पार करते समय लोगों को लंबे समय तक जाम में फंसना पड़ता है। ओवरब्रिज शुरू होने के बाद लोगों का सफर और आसान और सुरक्षित हो जाएगा। इस दौरान जिलाध्यक्ष इंजीनियर राम लौटन बिंद, राजेंद्र पाठक, दुर्गेश पटेल, उदय पटेल, सुरेश पटेल, शंकर सिंह चौहान, हर्षित पटेल, रविंद्र पटेल, सुभाष तिवारी, मोइन खान छोटे प्रधान, रामजी वर्मा, पूर्व प्रधान राजबली, जयप्रकाश यादव, भोला यादव सहित सेतु निगम के अधिकारी वहां मौजूद थे। यह जानकारी जिला मीडिया प्रभारी शंकर सिंह चौहान ने दी।
सिरसा जिले के डबवाली श्रेत्र में गोवंश से भरे दो ट्रक पकड़े गए। पुलिस ने दोनों ट्रकों और उनमें भरे गोवंश को अपने कब्जे में लिया। सभी गायों और बछड़ों को अबूबशहर निवासी महेंद्र कुमार की डेयरी में सुरक्षित रखवाया गया है। जब्त की गई संपत्ति से जुड़ी कार्रवाई में गवाहों के दस्तखत भी लिए गए। जानकारी के अनुसार, चौटाला चौकी एरिया में यह ट्रक पकड़े हैं। यह कार्रवाई रेवाड़ी के कापड़ीवास गांव निवासी मीना देवी पत्नी विजेंद्र की शिकायत पर की है। ट्रक में गोवंश को ठूस-ठूसकर भरा हुआ था और बाहरी ओर फट्टे लगाए हुए थे, ताकि किसी को दिखाई न दे। चौटाला पुलिस चौकी इसमें कार्रवाई में जुटी है और ड्राइवरों से पूछताछ कर बाकी आरोपियों का पता लगाएगी। मीना देवी ने बताया कि 13 सितंबर 2026 को वह डबवाली से चौटाला जा रही थी। रास्ते में उसने दो बड़े वाहन दिखाई दिए। इनमें गौवंश भरा हुआ था। इन वाहनों के नंबर PB-22-R-9577 और RJ-19-GG-5257 थे। उसने 112 नंबर पर इसकी सूचना दी। इसके बाद पुलिस ने दोनों ट्रकों को रुकवा लिया। पुलिस ने मौके पर वाहनों की जांच की। ट्रक नंबर RJ-19-GG-5257 में 13 गाय मिलीं। वहीं, ट्रक नंबर PB-22-R-9577 में 9 गाय और 2 बछड़े ठूंस-ठूंसकर भरे हुए थे। कार्रवाई के दौरान गोवंश की हालत की वीडियो रिकॉर्डिंग भी की गई। शिकायतकर्ता ने पुलिस से इन बेजुबान पशुओं के लिए कानूनी कार्रवाई की मांग की थी। इन धाराओं के तहत केस दर्ज पुलिस के अनुसार, दोनों ट्रकों की जांच के दौरान पशुओं को जिस तरीके से भरा गया था, उससे पशु क्रूरता निवारण अधिनियम-1960 की धारा 11/59/60 के तहत अपराध बनता पाया गया। इसके आधार पर थाना सदर डबवाली में मुकदमा नंबर 303, दिनांक 14 सितंबर 2026 दर्ज किया गया। मामले की आगामी जांच पुलिस द्वारा की जा रही है।घटना स्थल का रकबा आशाखेड़ा बताया गया है, जबकि कार्रवाई के दौरान दोनों वाहनों को पुलिस कब्जे में लेकर मामले की जांच आगे बढ़ाई गई।
उज्जैन में सोमवार को बाबा महाकाल की नगरी गणपति भक्ति में डूबी रही। गणेश चतुर्थी पर शहर के गली-मोहल्लों और बड़े पंडालों में गणपति बप्पा के जयकारे गूंजते रहे। उज्जैन में करीब 500 जगहों पर भगवान गणेश की प्रतिमाएं स्थापित की गईं। सुबह से ही बाजारों में गणेश प्रतिमाएं खरीदने के लिए भक्तों की भीड़ दिखी। हर कोई अपने घर और पंडाल में भगवान गणेश को स्थापित कर उत्सव मना रहा था। सबसे खास नजारा बाबा महाकाल के आंगन में दिखा, जहां सिद्धिविनायक भगवान विराजमान हैं। गणेश चतुर्थी पर यहां विशेष पंचामृत पूजन, अभिषेक और श्रृंगार के बाद महाआरती की गई। भगवान को केसर, चंदन, इत्र समेत कई चीजों से स्नान कराया गया और मोदक का महाभोग लगाया गया। मंदिर के पुजारी पंडित मोहित उपाध्याय ‘नंदू गुरु’ ने बताया कि सिद्धिविनायक भगवान को 5 लाख 51 हजार मोदक का भोग चढ़ाया गया है। गणेश उत्सव के 10 दिनों तक भक्तों को मोदक का प्रसाद बांटा जाएगा। माना जाता है कि महाकाल मंदिर परिसर में स्थापित सिद्धिविनायक की काले पत्थर की प्रतिमा करीब 2500 साल पुरानी है। इसे राजा भर्तृहरि ने स्थापित किया था। महाआरती में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के बड़े बेटे वैभव यादव भी शामिल हुए। उन्होंने सिद्धिविनायक भगवान का पूजन और आरती की। इसके बाद उन्होंने भक्तों को प्रसाद बांटा। वैभव यादव ने भगवान गणेश से देश और प्रदेश की सुख-समृद्धि और लगातार विकास की प्रार्थना की। महाआरती के दौरान महाकाल मंदिर परिसर में ढोल-ताशों की आवाज से पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। सिद्धिविनायक भगवान की आरती के साथ ढोल-ताशे बजते रहे। इसे देखकर दर्शन के लिए पहुंचे भक्तों में काफी उत्साह दिखा। भक्त गणपति बप्पा के जयकारे लगाते हुए आरती में शामिल हुए। दूसरी ओर, बाजार में गणेश प्रतिमाओं की खरीदारी को लेकर भी उत्साह दिखा। युक्ति खत्री ने बताया कि वह पिछले चार साल से होटल और गार्डन के लिए गणेश प्रतिमाएं खरीद रही हैं। उन्होंने कहा कि इस बार कोल्हापुर से आईं प्रतिमाएं बहुत सुंदर हैं। देखिए तस्वीरें
वाराणसी के पिंडरा में हिंदी दिवस के अवसर पर कंपोजिट स्कूल रमईपट्टी में छात्रों के बीच संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में राज्य अध्यापक पुरस्कार प्राप्त शिक्षक कमलेश कुमार पाण्डेय ने हिंदी भाषा के महत्व को समझाते हुए बताया कि हिंदी हमारी मातृभाषा ही नहीं, बल्कि हमारी संस्कृति, पहचान और विचारों की अभिव्यक्ति का सशक्त माध्यम है। यह राष्ट्रीयता के मूल को सींचती है। प्रधानाध्यापक क्षितिश दीक्षित और एआरपी अजय कुमार ने कहा कि हमें दैनिक जीवन में अधिक से अधिक हिंदी के प्रयोग को बढ़ावा देना चाहिए। कार्यक्रम की शुरुआत छात्रों ने मां सरस्वती के चित्र पर पुष्प अर्पित कर की। इस अवसर पर कविता पाठ, निबंध लेखन और चित्रकला प्रतियोगिता में छात्रों ने प्रतिभाग किया। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्रों को पुरस्कृत किया गया। इस अवसर पर शिक्षक धर्मराज सिंह, जयहिंद कनौजिया समेत अनेक शिक्षक उपस्थित रहे।
सोनभद्र में कैमूर वन्य जीव विहार चुर्क के रॉबर्ट्सगंज रेंज की वन विभाग टीम ने एक शिकारी को गिरफ्तार किया है। टीम ने अभयारण्य के इलाके में गश्त करते समय जंगली सुअर के दो मादा बच्चों के शिकार के मामले में यह कार्रवाई की। गिरफ्तार आरोपी को जरूरी कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद गुरमा जेल भेज दिया गया है। इस मामले में शामिल अन्य फरार आरोपियों की तलाश अभी भी जारी है। वन विभाग के मुताबिक, घटना 12 सितंबर की है। उस दिन रॉबर्ट्सगंज रेंज की टीम रेंजर श्रद्धा त्रिपाठी के नेतृत्व में राजपुर कक्ष संख्या-3 के जंगल (अभयारण्य का इलाका) में गश्त कर रही थी। इसी दौरान टीम को मुखबिर से शिकार से जुड़ी कुछ जानकारी मिली। वनकर्मियों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए मौके से सोनभद्र के शाहगंज थाना क्षेत्र के कोलकांडी केरवा का रहने वाला प्रेमनाथ पुत्र संत को गिरफ्तार कर लिया।वन विभाग की टीम ने आरोपी के खिलाफ नियमों के हिसाब से कार्रवाई की और शिकार से जुड़ी सामग्री भी जब्त कर लिया। वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि अभयारण्य के इलाके में वन्यजीवों का शिकार पूरी तरह मना है। वन्यजीवों की सुरक्षा और गैरकानूनी शिकार को रोकने के लिए जंगलों में लगातार गश्त और निगरानी की जा रही है। अधिकारियों ने साफ किया कि वन क्षेत्र में गैरकानूनी कामों में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। वन विभाग की इस कार्रवाई से जंगल में गैरकानूनी शिकार करने वालों में खलबली मची हुई है। वही गिरफ्तार करने वाली टीम में वन दरोगा यादवेंद्र दत्त मिश्र, शिवम सिंह और राणा प्रताप सिंह भी शामिल थे।
बालोद जिले के अर्जुनी (टिकरी) गांव में तीजा पर मायके आई 1,000 से ज्यादा महिलाओं के लिए सरपंच ने खास पहल की है। गांव की हर महिला का 1-1 लाख रुपए का सुरक्षा बीमा कराया जा रहा है। इस बीमा का प्रीमियम पंचायत या सरकारी फंड से नहीं, बल्कि सरपंच ललिता देवांगन अपने पैसे से भरेंगी। रविवार को तीजा उत्सव के दौरान देर शाम तक महिलाओं के बीमा फॉर्म भरे गए। जिन महिलाओं के फॉर्म नहीं भरे जा सके, उनका काम एक सप्ताह के अंदर पूरा किया जाएगा। यह बीमा एक साल के लिए होगा। बीमित महिला के साथ कोई दुर्घटना होने पर बीमा की शर्तों के अनुसार उसके परिवार को आर्थिक मदद मिलेगी। गांव में शुरू की गई यह पहल काफी खास है। तीजा पर मायके लौटी बहनों को दिया जा रहा यह उपहार सिर्फ त्योहार तक सीमित नहीं रहेगा। यह जरूरत के समय उनके परिवार को आर्थिक सुरक्षा देगा। सरपंच के मुताबिक, प्रदेश में इस तरह की पहल पहली बार की गई है। उपहार ऐसा, जो जरूरत के समय आएगा काम सरपंच ललिता देवांगन ने कहा कि हर बहन के लिए उसका मायका सबसे खास होता है। तीजा पर दूर-दराज के ससुराल से बेटियां मायके लौटती हैं। ऐसे में इस बार ऐसा उपहार देने का विचार आया, जो केवल दिखावे या एक दिन की खुशी तक सीमित न रहे। पति रितेश देवांगन से चर्चा के बाद तीजहारिनों का सुरक्षा बीमा कराने का निर्णय लिया गया। उन्होंने कहा कि बहनों की सुरक्षा और जिम्मेदारी जरूरी है। यही इस बार मेरा तीजा गिफ्ट है। बीमा की प्रीमियम राशि ग्राम पंचायत के फंड से नहीं, बल्कि वे स्वयं अपने खर्च से भरेंगी। 12 साल से मायके लौटकर एक साथ मनाती हैं तीजा अर्जुनी (टिकरी) में करीब 12 वर्षों से तीजा सामूहिक रूप से मनाया जा रहा है। गांव की बहू-बेटियों ने मिलकर पीहरधाम बनाया है, जहां हर साल तीजा पर दूर-दराज के ससुराल से बेटियां मायके लौटकर सामूहिक पूजा-अर्चना करती हैं। पूजा के बाद तीजहारिन महिलाएं यहीं अपना उपवास तोड़ती हैं। महिलाओं के चंदे से 2016 में शुरू हुआ पीहरधाम पूर्व सरपंच रितेश देवांगन के अनुसार पीहरधाम का निर्माण गांव की बहू-बेटियों ने आपसी सहयोग और चंदा जुटाकर कराया। इसका निर्माण 2016 में शुरू हुआ और 2018 में पूरा हुआ। यहां राधा-कृष्ण की मूर्तियां स्थापित हैं। उद्देश्य था कि तीजा पर मायके लौटने वाली बेटियां एक ही जगह जुटकर सामूहिक रूप से पर्व मना सकें। तीजा से आगे भी सामाजिक सरोकार गांव के समाजसेवी डिगेंद्र साहू ने बताया कि सरपंच ललिता देवांगन ‘मिशन अनमोल मुस्कान’ के तहत जरूरतमंद बच्चों के लिए भी अपने खर्च से सामाजिक पहल करती हैं। बाल दिवस पर बच्चों को वाटर पार्क, जंगल सफारी और बड़े शहरों की सैर कराई जाती है। मजदूर दिवस पर गांव के छह मजदूरों को पहली बार हवाई यात्रा भी कराई गई। बेटियों की शादी में ड्रेसिंग टेबल जैसे उपहार देकर भी वे परिवार की खुशियों में शामिल होती हैं। 2023 में हुआ था राज्य स्तरीय पीहर महोत्सव अर्जुनी के पीहरधाम में 2023 में राज्य स्तरीय पीहर महोत्सव भी आयोजित हुआ था। इसमें बालोद के साथ राजनांदगांव, दुर्ग, रायपुर, धमतरी, जगदलपुर, कांकेर और ओडिशा से महिलाएं शामिल हुई थीं। तीजा महोत्सव के दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रम, खेलकूद, क्विज और जल संरक्षण, पौधरोपण, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ व प्लास्टिक मुक्त गांव जैसे विषयों पर जागरूकता गतिविधियां भी आयोजित की गईं।
एक दिवसीय दौरे पर रविवार को गोरखपुर पहुंचे औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल गुप्ता 'नंदी' से यहां के उद्यमी मिले। अवसर था जेसीआई मिडटाउन की ओर से आयोजित एमएसएमई कान्क्लेव का। चैंबर आफ इंडस्ट्रीज के अध्यक्ष आरएन सिंह ने उन्हें शासन स्तर की समस्याओं से अवगत कराया और ज्ञापन भी सौंपा। उद्यमियों ने मुख्य रूप से गोरखपुर औद्योगिक विकास प्राधिकरण (GIDA) में स्थापित होने वाली इकाइयों के उत्पादनरत होने का प्रमाण पत्र मिलने में देरी और GIDA, यूपीसीडा व नगर निगम क्षेत्र की फैक्ट्रियों के भवन कर में भारी अंतर होने सहित 5 बिन्दुओं को मंत्री के समक्ष रखते हुए निस्तारण की मांग की। इन समस्याओं के निस्तारण के लिए मंत्री ने उद्यमियों को बातचीत के लिए लखनऊ बुलाया है। उद्यमियों का प्रतिनिधि मंडल 22 सितंबर को वहां जाने की तैयारी में है। चैंबर के अध्यक्ष आरएन सिंह ने बताया कि कंपनी के अंशधारकों के परिवर्तन/ नाम परिवर्तन एवं एकल स्वामी के द्वारा संगठन परिवर्तन में दोबारा पट्टा विलेख की जरूरत नहीं होनी चाहिए। इसपर निर्णय लिया गया है और विधिक परामर्श के लिए न्याय विभाग को भेजा गया है लेकिन 28 महीने से कोई निर्णय नहीं आया। चैंबर ने इस समस्या को हल कराने की मांग की है।उन्होंने मंत्री से कहा कि यदि भूखंड का पूर्ण भुगतान करने के बाद ऋण के लिए भूमि को बंधक रखा जाता है तो GIDA से एनओसी ली जाती है। लेकिन लोन ट्रांसफर करने पर दोबारा एनओसी लेनी होती है। ऐसी व्यवस्था होनी चाहिए कि एक ही एनओसी मिल जाए, जो किसी भी वित्तीय संस्थान में लगाई जा सके।उद्यमियों ने उत्पादनरत होने के प्रमाण पत्र में देरी का भी मामला उठाया। उन्होंने कहा कि पहले पूर्णता प्रमाण पत्र मिलने के बाद ही उत्पादनरत प्रमाण पत्र दिया जाता है। लेकिन पूर्णता प्रमाण पत्र मिलने में देरी के कारण उत्पादन शुरू हो जाने के बाद भी यह प्रमाण पत्र नहीं मिलता है, जिससे समय विस्तारीकरण का भार उद्यमी पर पड़ता है। उन्होंने मंत्री से मांग की कि पहले उत्पादनरत प्रमाण पत्र बनाने का नियम बनाया जाए। या पूर्णता प्रमाण पत्र के आवेदन की तिथि के बाद समय विस्तारीकरण की देयता को खत्म किया जाए। औद्योगिक इकाई स्थापित करने के लिए नक्शा पास कराना पड़ता है लेकिन इसमें काफी कठिनाई होती है। शासन की ओर से सरलीकृत नक्शे का एक प्रारूप तैयार किया जाना चाहिए। जिससे एक ही नक्शे पर निवेश मित्र पोर्टल पर सभी अनुमोदन मिल जाए। उद्यमियों ने कहा कि गीडा व यूपीसीडा के क्षेत्र में लगने वाले भवन कर की तुलना में नगर निगम क्षेत्र में कई गुना ज्यादा कर लिया जाता है। उन्होंने कहा कि इसमें एकरूपता होनी चाहिए। मंत्री को ज्ञापन सौंपने वालों में पूर्व अध्यक्ष एसके अग्रवाल, विष्णु अजीतसरिया, चैंबर आफ इंडस्ट्रीज के उपाध्यक्ष प्रवीण मोदी आदि शामिल रहे।
कानपुर में चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय कानपुर के अधीन संचालित कृषि विज्ञान केंद्र दिलीप नगर में फसल अवशेष प्रबंधन विषय पर पांच दिवसीय कृषक प्रशिक्षण का आयोजन किया गया। इस प्रशिक्षण में कृषि वैज्ञानिक डॉक्टर खलील खान ने प्रतिभागी किसानों को फसल अवशेष प्रबंधन के विभिन्न पहलुओं पर विस्तृत जानकारी दी। उत्तर प्रदेश एवं भारत सरकार द्वारा फसल अवशेष प्रबंधन के लिए उपलब्ध कृषि यंत्रों पर मिलने वाली छूट के बारे में बताया गया। फसल अवशेष जलाने से मानव स्वास्थ्य, मृदा स्वास्थ्य और पर्यावरण पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों की जानकारी दी गई। फसल अवशेषों से विभिन्न उत्पाद बनाने और मशरूम की गुणवत्ता युक्त खेती करने के बारे में बताया गया। इस अवसर पर शुभम यादव, दिव्यांश तथा श्री भगवान पाल सहित 25 से अधिक किसान उपस्थित रहे।
गिरिडीह जिले के निमियाघाट थाना क्षेत्र के ईसरी बाजार में सोमवार को एक तेज रफ्तार ट्रक बिजली के खंभे से टकराने के बाद बेकाबू होकर पलट गया। इस हादसे में सड़क किनारे खड़ी एक कार भी ट्रक की चपेट में आ गई, जिससे कार को नुकसान पहुंचा। गनीमत रही कि घटना में किसी को चोट नहीं आई और ट्रक चालक भी सुरक्षित है। जानकारी के अनुसार, यह ट्रक बंगाल से झाड़ू लादकर उत्तर प्रदेश जा रहा था। ईसरी बाजार में पेट्रोल पंप पर डीजल भरवाने के बाद ट्रक जैसे ही थोड़ा आगे बढ़ा, वह लोहे के बिजली के खंभे से टकरा गया। खंभे से टकराने के बाद ट्रक बेकाबू हो गया और पेट्रोल पंप के पास सड़क किनारे पलट गया। इसी दौरान पास खड़ी एक कार भी उसकी चपेट में आ गई। हादसे में ट्रक को भी काफी नुकसान हुआ है। घटना के बाद ईसरी बाजार में हड़कंप मच गया और मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही निमियाघाट थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जानकारी ली। सड़क पर पलटे ट्रक को हटाने के लिए क्रेन बुलाई गई, जिसके बाद उसे हटाने का काम शुरू किया गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि ईसरी बाजार इलाके में पहले भी कई सड़क हादसे हो चुके हैं। हादसों के बाद यहां भारी वाहनों के लिए नो-एंट्री लागू करने की बात कही गई थी, लेकिन लोगों का आरोप है कि यह व्यवस्था अब तक ठीक से लागू नहीं की गई है। भारी वाहनों के लगातार आने-जाने से बाजार में हादसे का खतरा बना रहता है। लोगों ने प्रशासन से नो-एंट्री व्यवस्था को सख्ती से लागू करने की मांग की है। निमियाघाट थाना प्रभारी सुमन कुमार ने बताया कि लोहे के बिजली के खंभे से टकराने के बाद झाड़ू लदा ट्रक बेकाबू होकर पलट गया। उन्होंने बताया कि इस घटना में किसी को चोट नहीं लगी है। क्रेन मंगाकर ट्रक को सड़क से हटाया जा रहा है।
जबलपुर हाईकोर्ट ने राज्य प्रशासन के ढुलमुल और उदासीन रवैये पर सख्त नाराजगी जताई है। अवमानना याचिका (CONC-4449-2025) पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने तत्कालीन प्रमुख सचिव विवेक पोरवाल और तत्कालीन सागर कलेक्टर संदीप जीआर के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। कोर्ट ने पुलिस को निर्देश दिया है कि 21 सितंबर 2026 को दोनों अधिकारियों को हर हाल में कोर्ट में पेश किया जाए। वारंट तामील करने के लिए भोपाल पुलिस कमिश्नर और सागर एसपी को जिम्मेदारी दी गई है। न हाजिरी लगाई, न रिपोर्ट दी कोर्ट ने अपने आदेश में बताया कि सितंबर 2025 में ही दोनों अधिकारियों को अवमानना याचिका के नोटिस मिल चुके थे। इसके बाद भी अधिकारियों ने न तो किसी वकील के जरिए कोर्ट में हाजिरी लगाई और न ही आदेश पालन से जुड़ी कोई रिपोर्ट दी। सागर कलेक्टर ने दिसंबर 2025 में सिर्फ एक तहसीलदार को संपर्क अधिकारी बनाने का एक औपचारिक पत्र रजिस्ट्री को भेजा था। अधिकारी पूरी तरह निष्क्रियता दिखा रहे हाईकोर्ट ने राज्य सरकार के इस रवैये पर गहरी नाराजगी जताई। कोर्ट ने कहा कि अवमानना के मामलों में अधिकारी पूरी तरह से निष्क्रियता दिखा रहे हैं। सिर्फ संपर्क अधिकारी नियुक्त करने का पत्र भेज देना और उसके बाद कानूनी प्रक्रिया से दूर रहना प्रशासनिक लापरवाही की बेहद खराब स्थिति को दिखाता है। कोर्ट ने साफ किया कि ऐसी हालत में अधिकारियों के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी करने के अलावा कोई और रास्ता नहीं बचा था। 21 सितंबर 2026 को अगली सुनवाई यह पूरा मामला सागर कलेक्टर कार्यालय की अनुभाग अधिकारी शीला सेन के नियमितीकरण आदेश का समय पर पालन न करने से जुड़ा है। याचिकाकर्ता की तरफ से वकील कविता गुप्ता और विद्या प्रसाद ने पैरवी की। इस हाई-प्रोफाइल अवमानना मामले की अगली सुनवाई अब 21 सितंबर 2026 को होगी।
मैनपुरी में नल की मरम्मत करते समय एक व्यक्ति की करंट लगने से मौत हो गई। 50 वर्षीय जीत कुमार सिंह के नल का पाइप ऊपर से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की बिजली लाइन से छू गया था। परिजन उन्हें तुरंत जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। यह घटना रविवार को ग्राम रठेरा में हुई। जीत कुमार सिंह पुत्र श्रीकृष्णा अपने घर में लगे नल को ठीक कर रहे थे। इसी दौरान नल में लगा पाइप ऊपर से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की बिजली लाइन के संपर्क में आ गया। पाइप में करंट उतरने से जीत कुमार सिंह बुरी तरह झुलस गए और उनकी हालत मौके पर ही बिगड़ गई। परिवार के लोग उन्हें तुरंत इलाज के लिए जिला अस्पताल की इमरजेंसी में लेकर पहुंचे। वहां डॉक्टरों ने जांच करने के बाद उन्हें मृत बताया। घटना की जानकारी मिलते ही परिवार में मातम छा गया। हादसे के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
बाड़मेर नगर परिषद चुनाव के नतीजों में हार-जीत का मार्जिन चौंकाने वाला रहा। वार्ड 55 में कांग्रेस की जीत एक तरफा रही। भीमसिंह 1265 वोट से जीतें। वहीं वार्ड नंबर 8 में बीजेपी और कांग्रेस के बीच सीधी टक्कर में बीजेपी 5 वोट से जीती। वार्ड संख्या 10 में बीजेपी के झामनसिंह ने कांग्रेस के वीरसिंह को 6 वोट से हराया। वार्ड संख्या 28 से राणुलाल ने विक्रम कुमार मेहता को मात्र 3 वोट से शिकस्त दी। वार्ड नंबर 21 में बीजेपी और कांग्रेस तीसरे और चौथे नंबर पर पहुंचे गई। टक्कर निर्दलीय पोकर सिंह और दलाराम के बीच हुई। पोकरसिंह ने दलाराम को हराया। चार बार के पार्षद दमाराम माली ने पूर्व सभापति दीपक माली को 198 से हराया। वार्ड संख्या 25 से यूपीएससी की तैयारी करने वाली अलीशा 261 वोट से जीती। वहीं आरएएस का एग्जाम दे चुकी खुशबू आचार्य 122 वोटों से जीती। पढ़िए- किस वार्ड में कितने अंतर से जीते प्रत्याशी बाड़मेर और बालोतरा निकाय चुनाव से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए… बाड़मेर में 15 साल बाद भाजपा को बहुमत:नगर परिषद के 55 में से 29 वार्डों में जीती; चौहटन में कांग्रेस का खाता तक नहीं खुला बाड़मेर नगर परिषद के 55 वार्डों के नतीजे सामने आ चुके हैं। इनमें भाजपा ने बढ़त बनाते हुए 29 वार्डों में जीत दर्ज की है। पार्टी ने करीब 15 साल बाद बहुमत हासिल किया है। जबकि कांग्रेस को 21 वार्डों में जीत मिली है। वहीं 5 वार्डों में निर्दलीय प्रत्याशियों ने बाजी मारी है। पूरी खबर पढ़िए
हरियाणा के सरकारी स्कूलों में कार्यरत उन शिक्षकों के लिए बड़ी खबर है, जिन्होंने अब तक हरियाणा अध्यापक पात्रता परीक्षा (HTET) पास नहीं की है। विद्यालय शिक्षा निदेशालय (हरियाणा) ने सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का पालन करते हुए एक नोटिस जारी किया है। इसके तहत बिना HTET पास किए सेवाएं दे रहे शिक्षकों के लिए नियम कड़े कर दिए गए हैं। निदेशालय द्वारा जारी आदेश के अनुसार, अब भिवानी बोर्ड (BSEH) को साल में दो बार HTET परीक्षा आयोजित करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि शिक्षकों को परीक्षा पास करने का पर्याप्त मौका मिल सके। अब जानिए विभाग के आदेश में क्या.. सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के तहत जारी हुआ नोटिस शिक्षा निदेशालय के अनुसार, यह फैसला सुप्रीम कोर्ट द्वारा सिविल अपील संख्या 1385/2025 (अंजुमन इशात-ए-तलीम ट्रस्ट बनाम महाराष्ट्र राज्य व अन्य) में 1 सितंबर 2025 को दिए गए आदेश और रिव्यू पिटीशन में 29 मई 2026 को पारित आदेशों के अनुपालन में लिया गया है। निदेशालय ने सभी जिला शिक्षा अधिकारियों (DEOs) और जिला मौलिक शिक्षा अधिकारियों (DEEOs) को निर्देश जारी कर दिए हैं कि वे अपने अधिकार क्षेत्र के सभी शिक्षकों तक यह सूचना तुरंत पहुंचाना सुनिश्चित करें।
बदायूं के श्री कालसेन बाबा इंटर कॉलेज में गणेश चतुर्थी का पर्व श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ मनाया गया। विद्यार्थियों ने भगवान श्री गणेश के जीवन और उनके स्वरूप पर आधारित मनमोहक झांकियां प्रस्तुत कर सभी का ध्यान आकर्षित किया। बच्चों की प्रस्तुतियों ने विद्यालय परिसर में मौजूद लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया। कार्यक्रम का शुभारंभ कॉलेज के चेयरमैन महेश चंद्र सक्सेना ने भगवान श्री गणेश एवं मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इसके बाद विद्यार्थियों ने विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से गणेश चतुर्थी के धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व को प्रदर्शित किया। आकर्षक वेशभूषा में सजे छात्र-छात्राओं ने भगवान श्री गणेश की सुंदर झांकियां प्रस्तुत कीं। प्रस्तुतियों के दौरान विद्यालय परिसर तालियों की गड़गड़ाहट से गूंजता रहा। इस अवसर पर कॉलेज के एमडी आशीष सक्सेना ने छात्र-छात्राओं को भगवान श्री गणेश के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि भगवान गणेश को बुद्धि, विवेक और शुभता का प्रतीक माना जाता है। विद्यार्थियों को उनके जीवन से सीख लेकर अनुशासन, मेहनत और सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ना चाहिए। उन्होंने बच्चों को भारतीय संस्कृति एवं धार्मिक परंपराओं के महत्व से भी अवगत कराया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों का उत्साह देखते ही बन रहा था। विभिन्न प्रस्तुतियों में बेहतर प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं का चयन कर उनका उत्साहवर्धन किया गया। कार्यक्रम के समापन पर कॉलेज के डायरेक्टर शेखर सक्सेना ने प्रतिभागी विद्यार्थियों को पुरस्कार प्रदान किए। पुरस्कार पाकर बच्चों के चेहरे खुशी से खिल उठे। विद्यालय प्रबंधन ने कार्यक्रम में प्रतिभाग करने वाले सभी विद्यार्थियों और शिक्षकों के प्रयासों की सराहना की। कार्यक्रम को सफल बनाने में अंशिका एवं कमलेश का विशेष योगदान रहा। विद्यालय के शिक्षकों ने भी विद्यार्थियों को कार्यक्रम की तैयारियों में मार्गदर्शन दिया। इस मौके पर प्रधानाचार्या शिल्पी सक्सेना, अनवी सक्सेना, सारांश सक्सेना, ओमकिशन शर्मा, जेपी सिंह, दिनेश माथुर, कमलेश, मानवेंद्र, उमेश, दिनेश, अनम सैफी, पूजा, सदफ, उमेश वार्ष्णेय, अंजली राठौर, नेहा चौहान, अर्चना, सिद्धार्थ, कमल सहित विद्यालय का समस्त स्टाफ मौजूद रहा।
पंजाब के फाजिल्का जिले के जलालाबाद सिटी थाने पर हैंड ग्रेनेड फेंककर धमाका करने की सनसनीखेज वारदात में पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर बड़ी सफलता हासिल करते हुए दो युवकों को गिरफ्तार कर लिया है। शुरुआती जांच में इसे सामान्य धमाका माना जा रहा था, लेकिन बाद में पुलिस की तकनीकी जांच में यह खुलासा हुआ कि थाने को निशाना बनाकर हैंड ग्रेनेड फेंका गया था। डीआईजी स्नेहदीप शर्मा ने मामले का खुलासा करते हुए प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि बीते दिन जलालाबाद सिटी थाने के अंदर यह धमाका हुआ था। गनीमत यह रही कि इस घटना में कोई जानी नुकसान नहीं हुआ, हालांकि थाने के अंदर खड़ी दो पुरानी कारों के शीशे जरूर टूट गए थे। फाजिल्का के एसएसपी गगन अजीत सिंह की देखरेख में तुरंत मामला दर्ज कर विशेष टीमें गठित की गईं और महज एक दिन के भीतर आरोपियों को दबोच लिया गया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान और तौर-तरीका पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों की पहचान गुरप्रीत सिंह (पुत्र गुरबख्श सिंह, निवासी गांव हजारा राम सिंह वाला) और मनप्रीत सिंह (पुत्र जोगिंदर सिंह, निवासी घुबाया) के रूप में हुई है। पुलिस जांच में सामने आया है कि दोनों आरोपी पैदल ही चलकर सिटी थाने के पास पहुंचे थे और थाने के भीतर हैंड ग्रेनेड फेंककर मौके से फरार हो गए थे। पुलिस के हाथ इस वारदात से जुड़े कुछ अहम सीसीटीवी फुटेज भी लगे हैं, जिनके आधार पर आगे की कड़ियां जोड़ी जा रही हैं। चंद पैसों का लालच और अन्य आरोपियों की तलाश डीआईजी ने बताया कि प्रारंभिक पूछताछ में यह बात सामने आई है कि आरोपियों को इस खतरनाक वारदात को अंजाम देने के लिए केवल चंद पैसों का लालच दिया गया था, हालांकि हैरानी की बात यह है कि उन्हें अभी तक एक भी रुपया नहीं मिला था। इस पूरी घटना का मुख्य उद्देश्य इलाके में दहशत फैलाना था। पुलिस के अनुसार, इस पूरे मामले में कुल पांच लोगों के शामिल होने की आशंका है। दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि उन्हें हैंड ग्रेनेड उपलब्ध कराने वाले मुख्य सप्लायरों और बाकी तीन फरार आरोपियों की पहचान भी कर ली गई है। जिनकी गिरफ्तारी के लिए टीमें छापेमारी कर रही हैं।
गोरखपुर में जनहित के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय रहकर विभिन्न सामाजिक कार्यों में योगदान दे रहे आदित्य निगम को नगर निगम गोरखपुर के महापौर डॉ. मंगलेश कुमार श्रीवास्तव ने प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। महापौर ने आदित्य निगम द्वारा रेडक्रॉस सोसाइटी गोरखपुर एवं अन्य सामाजिक संस्थाओं के साथ मिलकर रक्तदान, प्राथमिक उपचार, आपदा एवं आपातकालीन परिस्थितियों में सहायता, पर्यावरण संरक्षण, हीटवेव जागरूकता, पक्षियों के लिए जलपात्र अभियान तथा जरूरतमंद लोगों की सहायता जैसे जनहितकारी कार्यों के लिए उनकी सराहना की। इस अवसर पर महापौर ने कहा कि समाज के प्रति समर्पण भाव से किए जा रहे ऐसे कार्य युवाओं के लिए प्रेरणादायी हैं। उन्होंने आदित्य निगम के सेवा कार्यों की प्रशंसा करते हुए भविष्य में भी इसी प्रकार जनहित एवं समाजसेवा के कार्यों में सक्रिय योगदान देने के लिए शुभकामनाएं दीं। आदित्य निगम ने महापौर के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह सम्मान उनके लिए गौरव का विषय है और इससे उन्हें समाजहित में और अधिक उत्साह एवं समर्पण के साथ कार्य करने की प्रेरणा मिलेगी।
कानपुर के आर्मापुर पीजी कॉलेज में प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी सोमवार, 14 सितंबर (2026) को हिंदी दिवस समारोह अत्यंत हर्ष और उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर जहां छात्राओं ने अपनी शानदार प्रस्तुतियों से सभी का मन मोह लिया, वहीं वक्ताओं ने हिंदी भाषा के वर्तमान परिदृश्य और इसके बढ़ते वैश्विक प्रभाव पर विस्तार से चर्चा की। समारोह का शुभारंभ दीप प्रज्वलन और मां सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण के साथ हुआ। इसके पश्चात महाविद्यालय की छात्राओं ने मधुर स्वर में सरस्वती वंदना और एक सुरीले हिंदी गीत की प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में वीएसएसडी कॉलेज के हिंदी विभागाध्यक्ष एवं सीएसजेएमयू के अधिष्ठाता प्रो. राकेश कुमार शुक्ल उपस्थित रहे। मान्य अतिथि (विशिष्ट अतिथि) के तौर पर प्रबंध समिति की प्रभारी एवं आयुध निर्माणी की महाप्रबंधक श्रीमती रश्मि सिन्हा ने शिरकत की। महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. (डॉ.) मुकेश कुमार सिंह ने अतिथियों का पुष्पगुच्छ, शॉल और स्मृति चिन्ह देकर भव्य स्वागत किया। इसके अलावा, हिंदी विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ. राजेश और श्री मनोज ने प्राचार्य का भी पुष्पगुच्छ देकर स्वागत किया। विजेताओं का सम्मान और अतिथियों का संबोधन इस पावन अवसर पर आयोजित 'संभाषण प्रतियोगिता' की विजेता छात्राओं— मरियम, जानवी और अंशिका को अतिथियों द्वारा शील्ड और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया। अपने ज्ञानवर्धक संबोधन में मुख्य अतिथि प्रो. शुक्ल ने हिंदी भाषा की महत्ता और विश्व भर में इसके लगातार बढ़ते उपयोग पर गहराई से अपने विचार रखे। वहीं, श्रीमती रश्मि सिन्हा ने छात्राओं की प्रस्तुति और उनके आत्मविश्वास की जमकर सराहना की और वर्तमान दौर में हिंदी की प्रासंगिकता पर बात की। कार्यक्रम का सफल संचालन प्रो. गरिमा जैन ने किया। इस दौरान महाविद्यालय के सभी सम्मानित शिक्षक और शिक्षणेतर कर्मचारी उपस्थित रहे।
आलीराजपुर में जर्जर मकान की दीवार गिरी:जोबट नगर परिषद ने 15 वार्डों में 10 जर्जर भवनों को नोटिस दिए
जोबट नगर में तेज बारिश के दौरान एक जर्जर मकान की दीवार अचानक गिर गई। गनीमत रही कि दीवार गिरने के समय आसपास कोई मौजूद नहीं था, जिससे बड़ा हादसा टल गया। इस घटना के बाद बारिश के मौसम में शहर के पुराने और कमजोर भवनों से खतरे की चिंता बढ़ गई है। नगर परिषद जर्जर भवनों की पहचान कर उनके मालिकों को नोटिस दे रही है। एक जर्जर भवन पर नोटिस चिपकाकर मालिक को आखिरी मौका दिया गया है। नगर परिषद सीएमओ प्रिया मेड़ा ने बताया कि जोबट नगर के 15 वार्डों में अब तक 10 जर्जर भवनों को नोटिस जारी किए गए हैं। इनमें से एक भवन पर नोटिस चिपकाया गया है। बाकी भवन मालिकों को नोटिस देकर भवन को सुरक्षित करने या जरूरी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। नगर परिषद ने अपने नोटिस में मध्यप्रदेश नगर पालिका अधिनियम 1961 की धारा 221 का जिक्र किया है। इस धारा के तहत जर्जर और खतरनाक भवनों को खाली कराने और जरूरत पड़ने पर उन्हें गिराने का प्रावधान है। नोटिस में भवन मालिकों को चेतावनी दी गई है कि बारिश में ऐसे भवन अचानक गिर सकते हैं, जिससे लोगों की सुरक्षा को खतरा हो सकता है। तय समय में खाली करें भवन सीएमओ प्रिया मेड़ा ने यह भी बताया कि जिस भवन पर नोटिस चिपकाया गया है, उसके मालिक को आखिरी मौका दिया गया है। अगर तय समय में भवन खाली कर सुरक्षित नहीं किया गया, तो प्रशासन नियमों के अनुसार कार्रवाई करेगा। दूसरे जर्जर मकानों के मालिकों को भी नोटिस दिए गए हैं। दीवार गिरने की घटना के बाद लोगों का कहना है कि बारिश में जर्जर भवनों का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में नगर के सभी 15 वार्डों में पुराने और कमजोर भवनों की जांच कर समय पर सुरक्षा कदम उठाने की जरूरत है, ताकि भविष्य में किसी की जान को खतरा न हो।
फर्रुखाबाद में कई दिनों से उफान पर चल रहीं गंगा और रामगंगा नदियों का जलस्तर सोमवार को घटा। रविवार रात से सोमवार शाम तक गंगा का जलस्तर 20 सेंटीमीटर और रामगंगा का 15 सेंटीमीटर कम हुआ। रामगंगा अब खतरे के निशान से 5 सेंटीमीटर नीचे आ गई है। हालांकि गंगा अभी चेतावनी बिंदु से 25 सेंटीमीटर ऊपर बह रही है। इससे पहले दोनों नदियों के बढ़े जलस्तर से जिले के 111 गांव बाढ़ की चपेट में आ गए थे। प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर रख रहा है। गंगा चेतावनी बिंदु से 25 सेंटीमीटर ऊपर सोमवार शाम की रिपोर्ट के अनुसार गंगा का जलस्तर 136.85 मीटर दर्ज किया गया। यह चेतावनी बिंदु से 25 सेंटीमीटर ऊपर है। रविवार शाम को गंगा 137.05 मीटर पर थी। इस तरह 24 घंटे में 20 सेंटीमीटर की गिरावट दर्ज हुई। नरौरा बांध से गंगा में 64,283 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। रामगंगा खतरे के निशान से नीचे रामगंगा का जलस्तर सोमवार शाम 137.05 मीटर दर्ज हुआ, जो खतरे के निशान 137.10 मीटर से 5 सेंटीमीटर नीचे है। रविवार शाम यह 137.20 मीटर था और खतरे के निशान से 10 सेंटीमीटर ऊपर बह रही थी। खो बैराज से 3,416 क्यूसेक, हरेली बैराज से 333 क्यूसेक और रामनगर बैराज से 9,429 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। जलस्तर में कमी के बावजूद प्रशासन बाढ़ प्रभावित इलाकों पर नजर बनाए हुए है। समेचीपुर चितार में नदी के कटान को रोकने के लिए काम लगातार जारी है।
बलरामपुर के सरगवां में बम्हनी नाले पर पुलिया न होने से उफनते पानी के बीच ग्रामीणों को बीमार महिला को तीन किमी तक कंधे पर ढोना पड़ा। पच्चीस साल से पुलिया मांग रहे ग्रामीणों ने अब थाली लेकर भीख मांगने जैसा अनोखा प्रदर्शन किया है।
कानपुर के पाण्डु नगर में राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान में 14 सितंबर को प्रधानमंत्री राष्ट्रीय अप्रेंटिसशिप मेला का सफल आयोजन किया गया। मेले का उद्देश्य युवाओं को उद्योगों से जोड़कर उन्हें अप्रेंटिसशिप एवं रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना था। इस मेले में प्राइम हायर कंपनी, लावा इंटरनेशनल लिमिटेड, वे एश्योर्ड सर्विस कंपनी और केंट इंटीरियर्स, कानपुर सहित विभिन्न कंपनियों ने प्रतिभाग किया। कंपनियों के HR प्रतिनिधियों ने अभ्यर्थियों की शैक्षिक योग्यता एवं कौशल के आधार पर साक्षात्कार प्रक्रिया संपन्न की। मेले में कुल 132 अभ्यर्थियों ने प्रतिभाग किया, जिनमें से 56 अभ्यर्थियों का चयन किया गया। सभी प्रतिभागियों के साक्षात्कार प्रक्रिया पूर्ण कर ली गई है। संस्थान के नोडल प्रधानाचार्य श्री हरीश कुमार मिश्रा ने कहा कि ऐसे अप्रेंटिसशिप मेले युवाओं को उद्योग जगत से सीधे जोड़ने और उनके कौशल के अनुरूप रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने चयनित अभ्यर्थियों को उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं। मेले का संचालन महाराज बहादुर उत्तम तथा प्लेसमेंट एवं अप्रेंटिसशिप अनुभाग प्रभारी श्री अजय कुमार द्विवेदी एवं श्री रिजवान अहमद के कुशल निर्देशन में किया गया। आयोजन को सफल बनाने में प्लेसमेंट एवं अप्रेंटिसशिप अनुभाग की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
जबलपुर पुलिस की पहल 'एसपी की पाठशाला' एक बार फिर सफल रही है। पुलिस लाइन में दी जा रही इस मुफ्त कोचिंग में पढ़ाई और शारीरिक प्रशिक्षण लेने वाले 10 अभ्यर्थियों का चयन मध्य प्रदेश पुलिस में सब-इंस्पेक्टर (SI) के पद पर हुआ है। इस उपलब्धि पर 14 सितंबर 2026 को पुलिस कंट्रोल रूम में एक कार्यक्रम हुआ। इसमें पुलिस अधीक्षक सम्पत उपाध्याय ने सभी चुने गए युवाओं को प्रशस्ति पत्र और मोमेंटो देकर सम्मानित किया। सम्मानित होने वालों में काजल गुप्ता, अंजनी भूमिया, सुप्रिया यादव, स्मिता ठाकुर, प्रयास नामदेव, अनुराग तंतुवाय, योगेश सिंह राजपूत, शुभम सिंह शामिल हैं। इनके अलावा जीआरपी जबलपुर के आरक्षक आशीष आर्य और दिल्ली पुलिस की महिला आरक्षक प्रीति पटेल भी हैं। इस मौके पर एएसपी शहर डॉ. आयुष जाखड़ और एएसपी मुख्यालय सूर्यकांत शर्मा भी उपस्थित थे। एसपी उपाध्याय ने कहा कि कड़ी मेहनत से ही यह मुकाम हासिल हुआ है। 'एसपी की पाठशाला' की शुरुआत साल 2020 में उस समय के एसपी सिद्धार्थ बहुगुणा ने की थी। यह पुलिस परिवार और आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को प्रतियोगी परीक्षाओं और मैदानी ट्रेनिंग के लिए मुफ्त सुविधा देती है। इसके अच्छे मार्गदर्शन का पता इसी बात से चलता है कि साल 2021 से अब तक कुल 359 अभ्यर्थी अलग-अलग सरकारी नौकरियों में चुने जा चुके हैं। अकेले साल 2026 में ही अब तक 133 युवाओं को सरकारी नौकरी मिली है। अभी इस पहल से 120 विद्यार्थी थ्योरी और 50 अभ्यर्थी फिजिकल क्लास का फायदा ले रहे हैं। रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय के प्रोफेसरों, अलग-अलग सरकारी विभागों के विशेषज्ञों और रक्षित निरीक्षक जय प्रकाश आर्य की देखरेख में पुलिस विभाग के योग्य अधिकारी-कर्मचारी बिना किसी स्वार्थ के विभिन्न विषयों और शारीरिक क्षमता की ट्रेनिंग दे रहे हैं।
छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (सीजीपीएससी) भर्ती परीक्षा-2021-22 में गड़बड़ी और भ्रष्टाचार से जुड़े मनी लांड्रिंग मामले में ईडी ने बलरामपुर-रामानुजगंज के एडिशनल कलेक्टर चेतन बोरघरिया को गिरफ्तार किया है। उनसे पूछताछ में कई अहम जानकारियां सामने आ रही हैं। उनके वित्तीय लेनदेन के ब्योरे से भी मामले की जांच आगे बढ़ रही है।
सवाई माधोपुर नगर परिषद में चौंकाने वाले नतीजे सामने आए हैं। एक तरफ वार्ड 2 में कांटे की टक्कर देखने को मिली, जहां कांग्रेस के सुनील ने महज 12 वोटों के सबसे छोटे अंतर से जीत दर्ज की। दूसरी ओर, वोटों के सबसे ज्यादा मार्जिन की बात करें तो वार्ड 38 में कांग्रेस की इशरत ने 707 वोटों के रिकॉर्ड तोड़ अंतर से एकतरफा मुकाबले में जीत हासिल की। इस चुनाव में भाजपा ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 60 में से 33 सीटें जीतकर पूर्ण बहुमत हासिल किया है, जिससे अब नगर परिषद में भाजपा का सभापति बनना तय है। जहां वार्ड 22 से कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष गिर्राज सिंह गुर्जर चुनाव हार गए। वहीं भाजपा के पूर्व सभापति की पत्नी भोमेश देवी को भी हार का सामना करना पड़ा। अब देखिए प्रत्याशियों की प्रोफाइल … सवाई माधोपुर नगर परिषद में भाजपा को मिला पूर्ण बहुमत:60 वार्डों के नतीजे घोषित; 33 बीजेपी, 18 कांग्रेस और 9 निर्दलीय
कानपुर में पनकी थाना क्षेत्र के अंतर्गत ब्रिटिश शासन काल (वर्ष 1857) से स्थापित अति प्राचीन श्री गंगेश्वर महादेव मठ मंदिर परिसर में इन दिनों गणेश उत्सव की धूम देखने को मिल रही है। मंदिर परिसर में स्थापित विघ्नहर्ता श्री गणेश जी की भव्य प्रतिमा के दर्शन के लिए प्रतिदिन सैकड़ों श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। इसी कड़ी में मंदिर समिति और स्थानीय भक्तों के सहयोग से एक विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें हजारों लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी गणेश चतुर्थी के अवसर पर भगवान गणपति की प्रतिमा अत्यंत हर्षोल्लास और वैदिक मंत्रोच्चार के बीच स्थापित की गई। सुबह से ही मंदिर परिसर को भव्य रूप से सजाया गया और भगवान का विशेष श्रृंगार कर महाआरती की गई। उत्सव के अवसर पर आयोजित इस महाभंडारे में क्षेत्र के संभ्रांत नागरिकों सहित बड़ी संख्या में महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। भंडारे में आए श्रद्धालुओं ने न सिर्फ भगवान गणेश के दर्शन कर सुख-समृद्धि की कामना की, बल्कि प्रसाद ग्रहण कर पुण्य लाभ कमाया। मंदिर के सेवादारों और स्थानीय युवाओं ने भंडारे की व्यवस्था को सुचारू रूप से संभालने में मुख्य भूमिका निभाई। पूरा क्षेत्र 'गणपति बप्पा मोरया' के जयकारों से गुंजायमान रहा। मंदिर समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि 1857 के समय से स्थापित यह मठ क्षेत्र की आस्था का एक बड़ा केंद्र है और यहां होने वाले धार्मिक आयोजन आपसी सौहार्द और भक्ति भावना को मजबूत करते हैं।
शिवपुरी शहर के कोतवाली थाना क्षेत्र में रविवार को जुलूस के दौरान तेज रफ्तार ट्रैक्टर की टक्कर से स्कूटी सवार दो बहनें घायल हो गईं। इनमें 10वीं कक्षा की छात्रा आरुषि शर्मा और उसकी 10 साल की बहन अवनी शर्मा शामिल हैं। दोनों का जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। चोट के कारण आरुषि बोर्ड परीक्षा में शामिल नहीं हो सकी। उसका पेपर भी छूट गया। हादसे का CCTV फुटेज भी सामने आया है। मिली जानकारी के अनुसार, दोनों बहनें स्कूटी से जा रही थीं। इसी दौरान जुलूस में शामिल तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने उनकी स्कूटी को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद स्कूटी ट्रैक्टर की चपेट में आकर क्षतिग्रस्त हो गई। हादसे में आरुषि और अवनी के पैर, घुटने और कमर में चोटें आई हैं। परिजन दोनों को तुरंत जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां उनका इलाज जारी है। CCTV में कैद हुआ हादसा हादसे की पूरी घटना पास लगे CCTV कैमरे में रिकॉर्ड हुई है। फुटेज में ट्रैक्टर की टक्कर के बाद स्कूटी के क्षतिग्रस्त होने की घटना दिखाई दे रही है। परिजनों की शिकायत पर कोतवाली पुलिस ने अज्ञात ट्रैक्टर चालक के खिलाफ FIR दर्ज की है। पुलिस CCTV फुटेज के आधार पर ट्रैक्टर और उसके चालक की तलाश कर रही है।
मुजफ्फरनगर में खतौली तहसील क्षेत्र के मीरापुर खुर्द गांव में एक युवती ने अपनी करीब साढ़े चार बीघा कृषि भूमि पर कथित रूप से कब्जा किए जाने की शिकायत एसएसपी से की है। सोमवार अपराह्न करीब 3 बजे पुलिस कार्यालय पहुंची सारिका ने एसएसपी के नाम दिए प्रार्थना पत्र में गांव के ही एक व्यक्ति पर कई वर्षों से उसकी जमीन पर कथित रूप से कब्जा कर खेती करने का आरोप लगाया है। युवती ने जमीन खाली कराने और धमकी देने के मामले में जांच कर कार्रवाई की मांग की है। सारिका के मुताबिक, मीरापुर खुर्द में खसरा नंबर 135 और खाता संख्या 29 में कुल रकबा 4.1580 हेक्टेयर है। शिकायतकर्ता ने प्रार्थना पत्र में बताया कि इस खसरे में करीब साढ़े चार बीघा भूमि पर वह संक्रमणीय भूमिधर के रूप में दर्ज है। आरोप है कि बबलू नाम के व्यक्ति ने कई वर्षों से उसकी जमीन पर कब्जा कर रखा है और उस पर खेती कर रहा है। सारिका ने आरोप लगाया कि उसने कई बार बबलू से अपनी जमीन खाली करने के लिए कहा, लेकिन कब्जा हटाने के बजाय वह उसे और उसकी मां को जान से मारने की धमकी देता है। युवती का कहना है कि आरोपी कथित तौर पर धमकाता है कि उसके खिलाफ कोई कार्रवाई कराई गई तो वह उसे जान से मार देगा। पहले भी की थी शिकायत शिकायतकर्ता ने बताया कि उसकी जमीन पर कथित कब्जे के बावजूद उसे जमीन के उपयोग या खेती के बदले किसी तरह का भुगतान नहीं किया जा रहा है। उसके अनुसार, वह कई बार जमीन से कब्जा हटवाने का प्रयास कर चुकी है, लेकिन अब तक उसे अपनी भूमि पर कब्जा नहीं मिल सका है। सारिका ने एसएसपी को दिए प्रार्थना पत्र में यह भी बताया कि उसने 27 अप्रैल 2026 को इस मामले में पहले भी शिकायत की थी। हालांकि, उसके अनुसार उस शिकायत पर अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उसने सोमवार को दोबारा एसएसपी कार्यालय पहुंचकर शिकायत की और पुलिस से मामले में हस्तक्षेप की मांग की। पीड़िता ने मांग की है कि पुलिस टीम को मौके पर भेजकर मामले की जांच कराई जाए। यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो कथित कब्जा हटवाकर उसे उसकी जमीन पर कब्जा दिलाया जाए। साथ ही धमकी समेत अन्य आरोपों की जांच कर आरोपी के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाए।
पानीपत के जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड (JJB) ने पोक्सो अधिनियम के तहत मई 2024 के एक दुष्कर्म मामले में पीड़िता के पुनर्वास और न्याय को सर्वोपरि रखते हुए ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। प्रिंसिपल मजिस्ट्रेट जस्टिस पुनीत लिंबा के बोर्ड ने पीड़िता को कुल 5 लाख रुपए का आर्थिक मुआवजा प्रदान करने के निर्देश दिए हैं। वहीं, करीब दो साल से अधिक समय हिरासत में बिता चुके नाबालिग आरोपी को दंडात्मक रवैये के बजाय सुधारात्मक अवसर देते हुए 6 महीने के प्रोबेशन पर भेजने का आदेश दिया है। मई 2024 का मामला- भगा ले जाने व दुष्कर्म की पुष्टि प्रिंसिपल मजिस्ट्रेट जस्टिस पुनीत लिंबा ने बताया कि मामला सेक्टर 29 थाने से संबंधित है, जहां मई 2024 में धारा 363 (अपहरण), 366, 376(2M) IPC और पोक्सो एक्ट की धारा 6 के तहत केस दर्ज हुआ था। बरामदगी और गवाही: नाबालिग लड़के द्वारा लड़की को भगा ले जाने पर परिजनों ने केस दर्ज कराया था। पुलिस द्वारा बरामदगी के बाद पीड़िता और उसके माता-पिता ने कोर्ट में दुष्कर्म की गवाही दी। गर्भपात की अनुमति: मेडिकल जांच में दुष्कर्म और पीड़िता के गर्भवती होने की पुष्टि हुई थी, जिसके बाद माननीय न्यायालय द्वारा गर्भपात कराने की कानूनी मंजूरी दी गई थी। पीड़िता को 5 लाख रुपए का मुआवजा और पूर्ण सहायता जेजेबी ने हाल ही में जारी 3 लाख रुपए के नए आदेश के साथ (पूर्व में दिए गए 2 लाख रुपए मिलाकर) पीड़िता को कुल 5 लाख रुपए का मुआवजा दिलाना सुनिश्चित किया है। पोक्सो नियमों के तहत पीड़िता की पहचान गुप्त रखते हुए उसे निरंतर काउंसलिंग और सामाजिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी, ताकि वह समाज में सम्मानजनक जीवन जी सके। आरोपी किशोर को सुधारात्मक अवसर और प्रोबेशन बोर्ड ने माना कि नाबालिग आरोपी पूर्व में 2 साल से अधिक समय जेल/सुधार गृह में बिता चुका है और उसमें सुधार की पूरी संभावना है। कठोर सजा देने के बजाय पुनर्वास दृष्टिकोण अपनाते हुए आरोपी को 6 महीने के सशर्त प्रोबेशन पीरियड पर भेजा गया है। बोर्ड ने स्पष्ट किया कि ऐसे फैसलों का उद्देश्य अपराध पर लगाम लगाने के साथ-साथ भटके हुए किशोरों को जिम्मेदार नागरिक बनाकर समाज की मुख्यधारा में वापस लाना है। जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड ने आमजन से अपील की है कि पोक्सो मामलों में कानून का कड़ाई से पालन करें और किसी भी परिस्थिति में नाबालिग पीड़ित की पहचान उजागर न करें।
मेरठ के स्थानीय प्रताप विहार कॉलोनी स्थित मंदिर प्रांगण में अखिल भारतीय राष्ट्रवादी सेवा समिति के अध्यक्ष हर्ष वशिष्ठ की ओर से भगवान श्रीगणेश की प्रतिमा का भव्य प्राण-प्रतिष्ठा कराई गई। वैदिक आचार्यों द्वारा विधि-विधान से पूजन एवं यज्ञ-हवन कराया गया। मंत्रोच्चार और ढोल-नगाड़ों की थाप के बीच श्रद्धालुओं ने 'गणपति बप्पा मोरया' के उद्घोष से पूरे क्षेत्र को भक्तिमय बना दिया। इसके पश्चात प्रतिमा को मंदिर में स्थापित किया गया। संस्थापक अध्यक्ष हर्ष वशिष्ठ ने कहा कि सनातन संस्कृति के संरक्षण और समाज में आपसी भाईचारे व सकारात्मक ऊर्जा के संचार के लिए ऐसे आयोजनों का होना जरूरी है। भगवान गणेश ज्ञान, बुद्धि और समृद्धि के दाता हैं, उनका आशीर्वाद सभी पर बना रहे। प्रतिष्ठा समारोह के उपरांत महाआरती की गई और भक्तों में भोग-प्रसाद वितरित हुआ। इस दौरान साहिल शर्मा, हिमांशु यादव, कृष्णा यादव, चेतन अरोड़ा, तनिष्क, रमाकांत चित्तौड़िया, शिवम सहगल, अनमोल मित्तल आदि समिति के प्रमुख पदाधिकारी, स्थानीय गणमान्य नागरिक तथा भारी संख्या में मातृशक्ति और कॉलोनीवासी उपस्थित रहे।
कंट्रोल के चावल में मिली चूहे की गंदगी:बोरा खोलकर दिखाए पत्थर-प्लास्टिक, DM बोले- होगी सख्त कार्रवाई
गाजीपुर के सैदपुर ब्लॉक के मठ उचौरी गांव के मकबूल सेठ सोमवार दोपहर करीब 2 बजे 10 किलो चावल बोरे में लेकर कलेक्ट्रेट स्थित राइफल क्लब पहुंचे। उन्होंने जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला के सामने बोरा खोला और चावल दिखाए। मकबूल ने कहा, साहब, यही चावल हमें कंट्रोल से मिला है। इसमें चूहे की गंदगी, ईंट-पत्थर, सूतरी और प्लास्टिक समेत कई चीजें मिली हुई हैं। मकबूल के मुताबिक, उन्हें यह चावल 17 अप्रैल को सरकारी राशन की दुकान से मिला था। घर ले जाकर जब उन्होंने चावल साफ किए, तो उसमें गंदगी और दूसरी चीजें मिलीं। इस पर उन्होंने कोटेदार से शिकायत की। आरोप है कि कोटेदार ने शिकायत सुनने की बजाय कहा, जहां जाकर शिकायत करना है, जाकर कर लो। इसके बाद मकबूल सोमवार को चावल लेकर सीधे जिलाधिकारी के पास पहुंचे। कोटेदार के खिलाफ कार्रवाई करने की बात कही मकबूल ने राशन विभाग के बड़े बाबू पर भी शिकायत को गंभीरता से नहीं लेने का आरोप लगाया। उनका कहना है कि जब उन्होंने चावल की गुणवत्ता को लेकर शिकायत की, तो उनसे कहा गया, क्या तुम्हें कंट्रोल से बासमती चावल दिया जाए? ग्रामीण की शिकायत और उनके लाए गए चावल को देखने के बाद जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने मामले में सख्त कार्रवाई का भरोसा दिया। उन्होंने संबंधित कोटेदार के खिलाफ कार्रवाई करने की बात कही। अब जांच के बाद यह साफ होगा कि राशन के चावल में इतनी गंदगी कैसे पहुंची और शिकायत के बावजूद जिम्मेदारों ने क्या कार्रवाई की।
राजस्थान निकाय चुनाव में भाजपा के दो उम्मीदवारों को सिर्फ 1-1 वोट, चौंकाने वाला रिजल्ट
राजस्थान निकाय चुनाव में भाजपा के दो उम्मीदवारों को सिर्फ एक-एक वोट मिला। परबतसर और सैपऊ के इन नतीजों ने सबको चौंका दिया है।
कैथल के कलायत क्षेत्र में दुकान पर कब्जा करने की नीयत से ताला तोड़कर सामान बाहर फेंकने के मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों ने अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर गिरोह बना रखा था और जबरन कब्जा करने, जबरन वसूली करने व धोखाधड़ी जैसी वारदातें करते थे। पकड़े गए आरोपियों की पहचान गांव पिंजूपुरा निवासी सलीम खान व कलायत निवासी राकेश उर्फ राकू के रूप में हुई है। महिला ने दी थी शिकायत वार्ड नंबर 11 कलायत निवासी एक महिला चमेली देवी कि शिकायत अनुसार उसकी रेलवे रोड कलायत पर शिक्षा भारती स्कूल के पास दुकान है। उक्त दुकान वर्ष 2005 में उसके द्वारा खरीदी गई थी तथा दुकान की रजिस्ट्री, इंतकाल, जमाबंदी, प्रॉपर्टी आईडी व बिजली का कनेक्शन उसके नाम है। उसने दुकान में अपना सामान रखकर ताला लगाया हुआ था। कुछ दिन पहले किसी व्यक्ति ने दुकान का ताला तोड़कर अपना ताला लगा दिया था। बाद में उसने वह ताला हटाकर अपना ताला लगा दिया। दुकान से सामान बाहर फेंका 19 जून 2026 को कलायत निवासी प्रवीन शर्मा उपनाम डुली, कलायत निवासी सतबीर उपनाम सोनू रबारी, पिंजूपुरा निवासी सलीम खान तथा कलायत निवासी राकू राणा ने दुकान पर कब्जा करने की नीयत से दुकान का ताला तोड़ दिया तथा अंदर रखा सामान बाहर फेंक कर अपना ताला लगा दिया। जिस बारे में थाना कलायत में मामला दर्ज कर लिया गया। दोनों आरोपियों को प्रोडक्शन वारंट पर लेकर गिरफ्तार किया गया। दोनों आरोपी एक कातिलाना हमला करने के मामले में जिला जेल में बंद थे। कमजोरों को बनाते थे टारगेट पुलिस प्रवक्ता प्रवीन श्योकंद ने बताया कि आरोपी सलीम खान व राकेश उर्फ राकू अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर किसी कमजोर आदमी के प्लाट पर जबरन कब्जा करने, जबरन वसुली करने, धोखाधड़ी करने सहित अन्य वारदातों को अंजाम देने का एक संगठित गिरोह चला रहे हैं। आरोपी सलीम खान व राकेश उर्फ राकू भी उक्त वारदात में शामिल थे। दोनों आरोपी व्यापक पूछताछ उपरांत न्यायिक हिरासत में भेज दिए गए
आगरा के नगर क्षेत्र के खंड शिक्षाधिकारी सुमित कुमार की जगह एक शिक्षक को खंड शिक्षाधिकारी बनाते हुए शासन से ट्रांसफर का अनुमोदन लेटर जारी हो गया। शिक्षा विभाग में ये लेटर चर्चा का विषय रहा। हालांकि कुछ घंटे बाद संशोधन लेटर जारी हुआ। इसमें खंड शिक्षाधिकारी का नाम नहीं था।सोमवार को बेसिक शिक्षा विभाग के खंड शिक्षाधिकारियों के ट्रांसफर का अनुमोदन लेटर जारी हुआ। इसमें प्रदेश भर के 121 खंड शिक्षाधिकारियों का नाम था। आगरा के भी खंड शिक्षाधिकारी इस सूची में थे। मगर, लिस्ट में 95 नंबर पर खंड शिक्षाधिकारी के नाम के आगे कर्ण सिंह धाकड़ लिखा था। इस नाम को देखकर आगरा के बेसिक शिक्षा विभाग के शिक्षक और कर्मचारी चौंक गए। हर कोई एक दूसरे से पूछने लगा कि ये कौन खंड शिक्षाधिकारी हैं। नगर क्षेत्र में तो सुमित कुमार पिछले तीन साल से ज्यादा समय से खंड शिक्षाधिकारी के पद पर तैनात हैं। जब लोगों ने जानकारी जुटाई तो पता चला कि कर्ण सिंह धाकड़ नगर क्षेत्र में सहायक अध्यापक हैं। कैसे हुई इतनी बड़ी चूकबेसिक शिक्षा विभाग द्वारा शिक्षाधिकारी की जगह एक शिक्षक का नाम ट्रांसफर लिस्ट में लिखना लापरवाही है। आगरा में शिक्षकों में इसको लेकर कई तरह की चर्चा होती रहीं। अधिकारियों तक मामला पहुंचा। इसके बाद संशोधित लिस्ट जारी की गई। इसमें सुमित कुमार समेत 2 अन्य खंड शिक्षाधिकारियों का नाम ट्रांसफर लिस्ट से हटा दिया।
कानपुर में सपा विधायक अमिताभ बाजपेई सोमवार दोपहर फीलखाना थाना क्षेत्र की सिरकी मोहाल चौकी के बाहर कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों के साथ धरने पर बैठ गए। विधायक का आरोप है कि उनकी विधानसभा क्षेत्र के एक युवक को चोरी के मामले में संदिग्ध होने पर पुलिस पूछताछ के लिए चौकी लाई थी। आरोप है कि यहां युवक की पट्टे से पिटाई की गई। विधायक ने युवक का मेडिकल कराने और चौकी इंचार्ज के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। वह खुद कंधे पर पट्टा रखकर चौकी के बाहर धरने पर बैठे। सूचना पर एसीपी अमित कुमार पाण्डेय मौके पर पहुंचे। उन्होंने युवक से मारपीट के आरोपों को निराधार बताया। परिजनों से जानकारी मिलने के बाद चौकी पहुंचे विधायकसोमवार दोपहर करीब 3 बजे आर्यनगर से सपा विधायक अमिताभ बाजपेई को सूचना मिली कि घुमनी बाजार पेठा वाली गली में रहने वाले अमन को चोरी के मामले में पुलिस पूछताछ के लिए उठाकर ले गई है। इसके बाद वह सिरकी मोहाल चौकी पहुंचे। विधायक के मुताबिक, युवक के परिजनों ने बताया कि अमन को रविवार रात पूछताछ के लिए पुलिस ले गई थी, लेकिन उसके साथ मारपीट की गई। विधायक ने कहा कि उन्होंने मामले की जानकारी अधिकारियों को फोन पर दी, लेकिन करीब एक घंटे तक कोई अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। इसके बाद वह चौकी के बाहर धरने पर बैठ गए। कंधे पर पट्टा रखकर बोले- युवक का मेडिकल कराएंअमिताभ बाजपेई ने कहा कि अगर युवक को सिर्फ पूछताछ के लिए पुलिस लाई थी और वह संदिग्ध था, तो उसकी पट्टे से पिटाई क्यों की गई? उन्होंने कहा कि युवक का मेडिकल कराया जाना चाहिए और चौकी इंचार्ज पर कार्रवाई होनी चाहिए। विधायक ने कहा कि यह पता लगाया जाना चाहिए कि पुलिस के पास पट्टा कहां से आया। इसी दौरान वह अपने कंधे पर पट्टा रखकर चौकी के बाहर धरने पर बैठे रहे। उनके साथ कार्यकर्ता और कुछ स्थानीय लोग भी धरने पर बैठ गए। एसीपी बोले- मारपीट के आरोप निराधारमौके पर पहुंचे एसीपी अमित कुमार पाण्डेय ने विधायक से बातचीत की। विधायक ने युवक की पिटाई का आरोप लगाया, जिस पर एसीपी ने कहा कि पुलिस ने युवक के साथ किसी तरह की मारपीट नहीं की है। उन्होंने आरोपों को निराधार बताया। एसीपी के मुताबिक, अमन को चोरी के मामले में पूछताछ के लिए चौकी लाया गया था। चोरी वाली जगह के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों में युवक के आते-जाते दिखाई देने के कारण वह संदिग्ध लगा था। इसी आधार पर पुलिस ने उसे पूछताछ के लिए हिरासत में लिया था। विधायक ने जेब से निकाले ₹5 हजारधरने के दौरान अमिताभ बाजपेई ने अपनी जेब से ₹5 हजार नकद निकाले। उन्होंने एसीपी से कहा कि अगर पुलिस चोरी का सही खुलासा कर देती है तो वह पुलिस को ₹5 हजार की राशि भेंट स्वरूप देंगे। शनिवार रात हुई थी चोरीइलाके लोगो ने बताया कि शनिवार रात लाठीमोहाल इलाके की गोल्डी गली निवासी राजेश अग्रवाल के घर चोरी की शिकायत मिली थी। पुलिस मामले की जांच कर रही थी। जांच के दौरान घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज में अमन संदिग्ध हालत में आते-जाते दिखाई दिया। इसी आधार पर पुलिस ने रविवार को उसे पूछताछ के लिए हिरासत में लिया था। फिलहाल पुलिस युवक से मारपीट के आरोपों से इनकार कर रही है, जबकि विधायक युवक का मेडिकल कराने और संबंधित पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की मांग पर अड़े हैं।
जिले में चल रहे सभी निजी कोचिंग सेंटरों को सरकार एवं प्रशासन ने नियमों के दायरे में लाने की तैयारी शुरू कर दी है। जिला प्रशासन ने नए मापदंड तय किए है, जिनको सभी कोचिंग सेंटरों का पूरा करना होगा। इन सेंटरों द्वारा जारी विज्ञापनों पर भी प्रशासन की नजर रहेगी। दिनों-दिन कोचिंग सेंटरों में छात्र सुसाइड को देखते हुए ये फैसला लिया गया है। ऐसे मामलों में छात्रों की शिकायत संबंधित समस्याओं का समाधान के लिए स्पेशल सेल बनाई जाएगी। इसे लेकर शिक्षा विभाग के एसीएस एके सिंह ने वीडियो कॉफ्रेंस के माध्यम से अधिकारियों की बैठक ली। इसमें जिले से एडीसी अर्पित संगल जुड़े और आज सोमवार को जिला स्तरीय मीटिंग का आयोजन किया गया। संस्थान संचालकों के लिए मुश्किलें बढ़ने वाली है। एडीसी अर्पित संगल ने कहा, जिले में संचालित प्रत्येक निजी कोचिंग संस्थान को अपना पंजीकरण कराना अनिवार्य होगा। संस्थानों को अपना विवरण-पुस्तिका (प्रॉस्पेक्टस) जारी करनी होगी, जिसमें ट्यूशन फीस, फीस वापसी की नीति, बैच की समय-सीमा और क्षमता की पूरी जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी। इसके साथ ही, विज्ञापनों में फर्जी टॉपर्स या भ्रामक दावे करने वाले संस्थानों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। समय समय में नियम पालन के सख्त आदेश एडीसी ने स्पष्ट कहा, छात्रों और अभिभावकों की समस्याओं और शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए जिला स्तर पर एक शिकायत निवारण सेल का गठन किया जाएगा। नियमों का उल्लंघन करने वाले संस्थानों पर कड़े दंड का प्रावधान किया गया है। सभी कोचिंग संचालकों को तय समय सीमा में नियम पालन सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिए। इन नियम के तहत मापदंड तय सरकार एवं प्रशासन ने हरियाणा निजी कोचिंग संस्थान पंजीकरण और विनियमन अधिनियम, 2024 तथा हरियाणा निजी कोचिंग संस्थान (पंजीकरण एवं विनियमन) नियम, 2026 के तहत आदेश जारी करते हुए नए मापदंड तय किए हैं। इन प्रभावी क्रियान्वयन एवं समीक्षा को लेकर जिला स्तर पर अधिकारियों को जिम्मेदारी है। इसकी समय-समय पर मॉनिटरिंग होगी।
बरेली में दो माह से लंबित मानदेय, टेंडर प्रक्रिया में लगातार हो रही देरी और सेवा सुरक्षा की मांग को लेकर सोमवार को आउटसोर्स कर्मचारियों का आक्रोश सड़क पर दिखाई दिया। शिक्षणेत्तर कर्मचारी संयुक्त परिषद के वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष हरी शंकर के नेतृत्व में बड़ी संख्या में आउटसोर्स कर्मचारियों ने संयुक्त शिक्षा निदेशक, बरेली मंडल, बरेली के कार्यालय का घेराव कर जमकर नारेबाजी की। कर्मचारियों ने लंबित मानदेय का भुगतान, टेंडर प्रक्रिया शीघ्र पूरी करने और आउटसोर्स कर्मचारियों को सेवा सुरक्षा देने की मांग की। कर्मचारियों का कहना था कि वे विद्यालयों में लगातार अपनी सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन दो माह का मानदेय लंबित होने से उनके परिवारों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। कर्मचारियों ने कहा कि टेंडर प्रक्रिया में हो रही देरी के कारण हजारों आउटसोर्स कर्मचारियों के सामने रोजगार को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। परिषद ने मांग की कि टेंडर प्रक्रिया में अनावश्यक विलंब समाप्त कर उसे शीघ्र पूरा कराया जाए। संयुक्त शिक्षा निदेशक रामज्ञा कुमार ने सभी आउटसोर्स कर्मियों को आश्वासन दिया कि शीघ्र ही टेंडर प्रक्रिया पूर्ण कर सभी का मानदेय निर्गत कराया जाएगा। परिषद के वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष हरी शंकर ने कहा कि आउटसोर्स कर्मचारी विद्यालय व्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। उनसे नियमित रूप से काम लिया जा रहा है, लेकिन उनके मानदेय और भविष्य की सुरक्षा के मामले में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रदेश सचिव शैलेश सिंह ने कहा कि दो माह का लंबित मानदेय तत्काल जारी किया जाए, टेंडर प्रक्रिया शीघ्र पूरी की जाए और आउटसोर्स कर्मचारियों को सेवा सुरक्षा प्रदान की जाए। मंडल अध्यक्ष हरिओम शर्मा और मंडल संयोजक सागर सर्मेन्द्र कुमार ने कहा कि कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो परिषद आंदोलन को और व्यापक रूप देने से पीछे नहीं हटेगी।
बिलासपुर जिले के सकरी थाना क्षेत्र के लोखड़ी में शराब के नशे में शुरू हुआ विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया। दो गुटों के बीच हुई मारपीट में शेख इस्माइल (19) गंभीर रूप से घायल हो गया। सिम्स में इलाज के बाद हालत बिगड़ने पर उसे रायपुर के डीकेएस अस्पताल रेफर किया गया था, जहां 12 सितंबर को उसकी मौत हो गई। पुलिस ने मामले में 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर 13 सितंबर को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया। घटना में एक और घायल का इलाज सिम्स अस्पताल में जारी है। पुलिस अब विवाद की असल वजह और घटना में शामिल बाकी लोगों की भूमिका की जांच कर रही है। सिर और शरीर पर गंभीर चोटें, DIAL-112 से पहुंचाया सिम्स पुलिस के मुताबिक, लोखड़ी में दोनों पक्षों के बीच विवाद के बाद मारपीट शुरू हुई। इस दौरान उसलापुर के काटीखार निवासी शेख इस्माइल के सिर और शरीर के दूसरे हिस्सों में गंभीर चोटें आईं। उसे डायल-112 की मदद से सिम्स अस्पताल पहुंचाया गया। हालत गंभीर होने पर डॉक्टरों ने उसे रायपुर के डीकेएस अस्पताल रेफर कर दिया। वहां इलाज के दौरान 12 सितंबर को उसकी मौत हो गई। घटना में घायल एक अन्य युवक का इलाज अभी सिम्स में चल रहा है। इलाज में 2 लाख रुपए खर्च, फिर भी नहीं बची जान इस्माइल पांच भाई-बहनों में चौथे नंबर का था। परिजनों के मुताबिक इलाज के दौरान ऑपरेशन में करीब 2 लाख रुपए खर्च हुए। परिवार ने किसी तरह रकम जुटाकर उसका इलाज कराया, लेकिन उसकी जान नहीं बच सकी। मृतक के भाई ने बताया कि घटना वाले दिन उसने इस्माइल को अपने साथ काम पर चलने के लिए कहा था, लेकिन वह नहीं गया। भाई का कहना है कि अगर उस दिन वह साथ चला गया होता तो शायद आज जिंदा होता। क्रिकेट मैच को लेकर विवाद की बात परिवार को अभी विवाद की सही वजह की जानकारी नहीं है। आसपास के लोगों के मुताबिक क्रिकेट मैच को लेकर दोनों गुटों के बीच विवाद हुआ था। इसके बाद शराब के नशे में मामला मारपीट तक पहुंच गया। पुलिस अब घायलों के बयान और घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के आधार पर विवाद की असल वजह और घटना में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है। 4 आरोपी गिरफ्तार, लाठी-डंडे जब्त सकरी पुलिस ने मामले में लोखड़ी निवासी अक्षय कुमार गढ़ेवाल, इमली चौक बिरतियापारा निवासी प्रदुम श्रीवास उर्फ पदुम, लोखड़ी निवासी दिलीप कुमार निर्मलकर और गोविंद पटेल उर्फ दौलत को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ BNS की विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया है। घटना में इस्तेमाल लाठी-डंडे भी जब्त किए गए हैं। चारों आरोपियों को 13 सितंबर को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। भाई ने मांगा इंसाफ युवक की मौत के बाद परिवार में मातम है। मृतक के भाई ने घटना में शामिल सभी लोगों की भूमिका की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। पुलिस का कहना है कि घायलों के बयान, घटनास्थल के साक्ष्य और अन्य तथ्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
तीज की खुशियां मातम में बदलीं,खगड़िया में 2 सगे भाइयों की मौत; बड़े को बचाने में छोटा भी डूबा
खगड़िया के परबत्ता में दो सगे भाई की बाढ़ के पानी में डूबकर मौत हो गई। तीज के दिन हुए हादसे से पूरे इलाके में मातम पसर गया।
नवादा के रोह बाजार की शृंगार गली में लटकते बिजली तार, हादसे की आशंका से दुकानदार परेशान
14 सितंबर, सोमवार, नवादा: रोह प्रखंड मुख्यालय के व्यस्त रोह बाजार की शृंगार गली में बिजली के तार काफी नीचे तक लटक रहे हैं। दुकानदारों और खरीदारी करने आने वाले लोगों के बीच हादसे की आशंका बनी हुई है। स्थानीय लोगों ने बिजली तारों की स्थिति सुधारने की जरूरत बताई है।
फतेहाबाद जिले में रतिया ब्लॉक के अलीपुर बरोटा गांव से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। सरपंच प्रतिनिधि मुकेश सरोवा ने ठेकेदार नीरज कुमार पर दबंगई, गाली-गलौज और धमकी देने के गंभीर आरोप लगाए हैं। साथ ही खुद को एडीसी का भाई बता कर सस्पेंड करने की धमकी देने के भी आरोप भी लगाए हैं। मुकेश सरोवा ने बताया कि गांव में डी-प्लांट के तहत बस स्टैंड पर इंटरलॉक और शेड का काम चल रहा था, जो बीजेपी मंडल अध्यक्ष अंकित सिंगला की फर्म के नाम पर था। आरोप है कि अंकित सिंगला द्वारा भेजे गए ठेकेदार नीरज कुमार ने बिना पंचायत की अनुमति, बिना अथॉरिटी लेटर या एस्टीमेट दिखाए मनमाने ढंग से काम शुरू कर दिया और डेढ़-दो फीट मिट्टी भरकर पिलर दबा दिए। 'मैं ADC का भाई हूं, सस्पेंड करवा दूंगा' सरपंच प्रतिनिधि का दावा है कि जब उन्होंने बिना इजाजत काम करने पर सवाल उठाए, तो ठेकेदार नीरज ने खुद को एडीसी का भाई बताते हुए रौब दिखाया। मुकेश सरोवा ने आरोप लगाया कि फोन पर बात करते हुए ठेकेदार ने उन्हें जातिसूचक गालियां दीं, जान से मारने की धमकी दी और कहा कि सस्पेंड करवा दूंगा। एडीसी से की शिकायत मामले की गंभीरता को देखते हुए रतिया ब्लॉक के सभी सरपंच एकजुट होकर एडीसी कार्यालय पहुंचे और लिखित शिकायत सौंपी। मुकेश सरोवा के अनुसार, एडीसी ने साफ किया है कि उनका ऐसा कोई भाई नहीं है और मामले में नियमानुसार कड़ी कानूनी कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
रामपुर में मां भवानी कमेटी, पुराना गंज के तत्वावधान में 16वें गणेश महोत्सव का शुभारंभ श्रद्धा और उत्साह के साथ किया गया। महोत्सव के तहत भगवान गणेश की प्रतिमा की शोभायात्रा पुराना गंज स्थित दुर्गा मंदिर से निकाली गई। शोभायात्रा आकाश दक्ष के आवास, चमन चौक और प्राण गंज चौकी से होते हुए हरिहर मंदिर पहुंची। इसके बाद शोभायात्रा वापस दुर्गा मंदिर पहुंची, जहां विधि-विधान के साथ भगवान गणेश की प्रतिमा स्थापित की गई। इस दौरान श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश के जयकारे लगाए। शोभायात्रा के दौरान पूरा क्षेत्र भक्तिमय नजर आया। मां भवानी कमेटी के सदस्यों ने बताया कि गणेश महोत्सव के दौरान धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं और कमेटी के सदस्यों में उत्साह रहा। कार्यक्रम में आकाश दक्ष, अनमोल, अजय, आशु, कपिल, अभिषेक, बिकुल, राज, विकास और कुनाल समेत कमेटी के अन्य सदस्य मौजूद रहे।
सीकर निकाय चुनाव के रिजल्ट में कांग्रेस को बहुुमत मिल गया है। लगातार तीसरी बार कांग्रेस ने नगर परिषद पर पंजा जमाया है। आज जीते सभी पार्षदों में सबसे अमीर पूर्व सभापति जीवण खां की पत्नी खतीजा बानो हैं। खतीजा के पास 2 करोड़ 11 लाख से ज्यादा की चल-अचल संपत्ति है। वार्ड नं-15 से पूर्व सभापति जीवण खां ने भी चुनाव जीत लिया है। सीकर के 65 वार्डों में सबसे नजदीकी टक्कर वार्ड नं-18 में रही, जहां कांग्रेस के साबिर और RLP के युनुस को बराबर वोट मिले। इसके बाद लॉटरी में RLP के युनुस को विजयी घोषित किया गया। वहीं सीकर में सबसे बड़ी जीत वार्ड नंबर-9 में हुई, जहां कांग्रेस के प्रत्याशी मुश्ताक तंवर ने भाजपा के मोहम्मद सलीम को 1680 वोटों से हराया। सीकर नगर परिषद के नए बोर्ड में 6 करोड़पति प्रत्याशी जीते हैं। इनमें भाजपा के पूर्व नेता प्रतिपक्ष व वार्ड नं- 35 से अशौक चौधरी, वार्ड नं-49 से संतोष देवी हैं। वहीं, कांग्रेस के पूर्व सभापति व वार्ड नं-15 से जीवण खां, वार्ड नं-16 से खतीजा बानो, वार्ड नं-22 से इंदर सिंह पाटोदा और वार्ड नं-62 से शारदा देवी हैं।
बक्सर के नावानगर थाना क्षेत्र में ट्रक चालक से लूटपाट के मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने महज चार घंटे के भीतर मामले का खुलासा किया। गिरफ्तार आरोपियों के पास से लूट में इस्तेमाल दो मोटरसाइकिल और लूटे गए तीन मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। मामले में नावानगर थाना में कांड संख्या 86/26 दर्ज है। पुलिस के अनुसार, 13 सितंबर को छबडुआ मोड़ के पास मोटरसाइकिल सवार चार अज्ञात बदमाशों ने ट्रक चालक से नकदी और मोबाइल फोन छीन लिया था। सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर डुमरांव एसडीपीओ समीर कुमार सिंह के नेतृत्व में विशेष टीम बनाई गई। तकनीकी मदद से संदिग्धों तक पहुंची पुलिसविशेष टीम ने जानकारी की पुष्टि के बाद जांच शुरू की। तकनीकी मदद से संदिग्धों के ठिकानों का पता लगाया गया और वहां छापेमारी की गई। पुलिस ने मुकेश कुमार, कृष्ण कुमार और अभिषेक कुमार को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में तीनों ने लूटपाट की बात कबूल की। जरूरतें पूरी करने के लिए करते थे छिनतईपुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने बताया कि वे अपनी जरूरतें पूरी करने के लिए लोगों से छिनतई और मोटरसाइकिल चोरी करते हैं। गिरफ्तार आरोपियों में मुकेश कुमार, पिता अखिलेश पासवान, निवासी छवडुआ, थाना नावानगर; कृष्ण कुमार, पिता अशोक सिंह, निवासी अटमी डेरा, थाना वासुदेवा और अभिषेक कुमार, पिता अशोक सिंह, निवासी कुंजारा, थाना सिकरौल शामिल हैं। कृष्ण पर 2024 में भी केस दर्जपुलिस के अनुसार, कृष्ण कुमार के खिलाफ रोहतास जिले के दावथ थाना में वर्ष 2024 में धारा 393 के तहत एक मामला दर्ज है। चौथे आरोपी की तलाश जारीआरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने लूट में इस्तेमाल दो मोटरसाइकिल और तीन मोबाइल फोन बरामद किए हैं। घटना में शामिल चौथे आरोपी की तलाश में पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। डीआईयू और कई थानों की टीम शामिलछापेमारी टीम में डुमरांव एसडीपीओ समीर कुमार सिंह, पुलिस निरीक्षक अरविंद कुमार, नावानगर थानाध्यक्ष प्रफुल्ल कुमार, कोरानसराय थानाध्यक्ष प्रमोद कुमार, वासुदेवा थानाध्यक्ष अनिल कुमार, सिकरौल थानाध्यक्ष पिंटू कुमार, डीआईयू टीम और सशस्त्र बल के जवान शामिल थे।
शाहजहांपुर में सोमवार दोपहर 3 बजे पुलिस-प्रशासन की टीम ने पुवायां थाना क्षेत्र के चरख अस्पताल में जांच की। इस दौरान अस्पताल के सीसीटीवी कैमरे, दवाएं और अन्य मानक चेक किए गए। जांच के समय पुवायां के एसडीएम सदानंद सरोज और सीओ प्रवीण मलिक भी मौजूद थे। यह कार्रवाई एक गर्भवती महिला जूली की मौत के बाद हुई है। 8 सितंबर को चरख अस्पताल में महिला का ऑपरेशन हुआ था, जिसके बाद उसने एक बेटे को जन्म दिया। हालत बिगड़ने पर उसे बरेली रेफर किया गया, लेकिन 9 सितंबर को रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। परिजनों ने चरख अस्पताल के डॉक्टर फिरोज और शहर के डॉक्टर केपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी। परिजनों का आरोप है कि डॉक्टर ने नशे की हालत में ऑपरेशन किया था, जिससे महिला की हालत बिगड़ी। हालांकि डाक्टर ने अपने उपर लगे आरोपों को निराधार बताया है। आधे घंटे तक बारिकी से जांच की एफआईआर दर्ज होने के बाद मीडिया में खबरें आने पर डॉक्टर ने पत्रकारों पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। उन्होंने कहा था कि अगर पत्रकार से पैंट उतारने का आग्रह करें तो उनकी चड्डी में कई छेद होंगे। इस बयान के बाद पत्रकारों में आक्रोश फैल गया। पुवायां क्षेत्र के पत्रकारों ने विरोध प्रदर्शन कर पुलिस-प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। इसके तुरंत बाद एसडीएम पुवायां सदानंद सरोज, सीओ पुवायां प्रवीण मलिक, चिकित्सा अधीक्षक पुवायां नरेंद्र पाल, पुवायां थाना निरीक्षक आरके रावत और विद्युत निगम के एसडीओ राजू कुमार चरख अस्पताल पहुंच गए। अधिकारियों ने अस्पताल के सीसीटीवी कैमरे चेक किए, जिसमें डॉक्टरों के आने का समय देखा गया। उन्होंने ऑपरेशन थिएटर की भी जांच की और दवाओं का भी निरीक्षण किया। अधिकारियों ने करीब आधे घंटे तक बारिकी से जांच की। महिला की मौत के बाद एफआईआर दर्ज न होने पर परिजनों ने 10 सितंबर को पुवायां में सड़क पर हंगामा किया था। इसके बाद पुलिस ने तत्काल दोनों डॉक्टरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। एसडीएम ने बताया कि अस्पताल का निरीक्षण कर जांच की गई है। यह देखा जा रहा है कि अस्पताल मानकों के आधार पर चल रहा है या नहीं। जांच रिपोर्ट जिलाधिकारी को भेजी जाएगी।
फतेहपुर में सरकारी निर्माण कार्य कराने वाली महिला ठेकेदार रंजना सिंह ने भाजपा नेता प्रसून तिवारी समेत 12 लोगों के खिलाफ अलग-अलग धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया। महिला का आरोप है कि आरोपी उसे काम छोड़ने के लिए धमका रहे थे। 25 लाख रुपए देने का दबाव बनाया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि विरोध करने पर कार रोककर उन्हें घेरा गया और हमला करने की कोशिश की गई। मामले में पुलिस जांच कर रही है। तांबेश्वर चौराहे के पास कार रोकने का आरोप पटेल नगर चौराहा निवासी रंजना सिंह के मुताबिक, वह सरकारी ठेके लेकर निर्माण कार्य कराती हैं। संजय पांडेय उनके काम में पैसा लगाते थे और दोनों करीब एक साल से साथ काम कर रहे थे। महिला ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि 28 मई को वह उन्नाव जिले में निर्माण कार्य करा रही थीं। इसी दौरान संजय पांडेय का फोन आया और उन्हें फतेहपुर आने के लिए कहा गया। आरोप है कि इसके अगले दिन 29 मई को जब वह कार से तांबेश्वर चौराहे के पास पहुंचीं तो अम्मन अग्रहरी और एक अन्य व्यक्ति ने बाइक लगाकर उनकी कार रोक दी। रंजना के मुताबिक, इसके बाद लोकेश त्रिपाठी, अम्मन अग्रहरी, अंकित अग्रहरी समेत कई लोग मौके पर पहुंच गए और उनकी कार को घेर लिया। धारदार हथियार और डंडे दिखाने का आरोप महिला का आरोप है कि आरोपियों के हाथों में धारदार हथियार, डंडे और चेन थीं। उन्होंने कार से नीचे खींचने की कोशिश करने, धमकाने और जबरन पैसे देने का दबाव बनाने का आरोप लगाया। रंजना के मुताबिक, उन्होंने तत्काल यूपी-112 को सूचना दी। महिला का दावा है कि पुलिस के पहुंचने के बाद भी काफी देर तक मौके पर विवाद चलता रहा और आरोपियों ने पुलिसकर्मियों पर भी दबाव बनाने की कोशिश की। उनका कहना है कि पिछले कुछ महीनों से काम छोड़ने का दबाव बनाए जाने के कारण उन्हें करीब 30 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। 25 लाख रुपये मांगने का भी आरोप तहरीर के मुताबिक, प्रसून तिवारी ने आयुष के बारे में पूछताछ करते हुए रंजना पर 25 लाख रुपये देने का दबाव बनाया। महिला ने इसी को लेकर भी आरोप लगाए हैं। मामले में भाजपा नेता प्रसून तिवारी, संजय पांडेय और उनके समर्थकों अम्मन अग्रहरी, अंकित अग्रहरी, लोकेश त्रिपाठी, पांशु द्विवेदी, अभिषेक बाजपेई, क्षितिज नारायण दीक्षित, आदर्श मिश्रा, प्रशांत बाजपेई, राजा और रितेश के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। भाजपा नेताओं ने लगाया पैसे हड़पने का आरोप दूसरी ओर, भाजपा नेताओं की ओर से महिला के साथी पर पैसे हड़पने का आरोप लगाया गया है। दोनों पक्षों के आरोपों की पुलिस जांच कर रही है। पुलिस जांच और साक्ष्यों के आधार पर ही मामले में आरोपों की वास्तविकता स्पष्ट होगी।
रामपुर में गणपति सेवा समिति एवं बाल गणेश भक्त मंडल के तत्वावधान में सोमवार को सराय गेट स्थित श्री संतोषी माता मंदिर में श्री गणेश महोत्सव का शुभारंभ विधि-विधान से किया गया। महोत्सव के पहले दिन पंडित अंकुर शर्मा ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच भगवान गणेश की प्रतिमा की स्थापना कराई। श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना कर सुख-समृद्धि की कामना की। मूर्ति स्थापना के बाद रात 8 बजे से भजन संध्या का आयोजन किया गया। दिल्ली से पहुंचे भजन गायक मास्टर बॉबी ने गणेश वंदना के साथ भजन संध्या की शुरुआत की। इसके बाद उन्होंने मां शेरावाली, श्याम बाबा और हनुमान जी के भजन प्रस्तुत कर श्रद्धालुओं को भक्तिरस से सराबोर कर दिया। भजनों के दौरान मंदिर परिसर में श्रद्धालु भक्ति में झूमते नजर आए। भजन संध्या रात करीब 11 बजे तक जारी रही। कार्यक्रम के समापन पर भगवान गणेश की आरती की गई और श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया। इसके बाद भंडारे का आयोजन हुआ। आयोजकों के अनुसार महोत्सव के दौरान भंडारा प्रतिदिन आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम में अंकित कुमार, अमित यादव, दीपक, अमित, शोभित, कमल तुरैहा, दिनेश कुमार, अमन कुमार, ओम, कार्तिक, विभोर भटनागर समेत समिति के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।
राजस्थान के 309 निकाय के चुनावों में कई नतीजे चौंकाने वाले रहे। पूर्व सीएम वसुंधरा राजे के गढ़ झालावाड़ में कांग्रेस ने जीत हासिल की। वहीं पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट के विधानसभा क्षेत्र टोंक में भी बीजेपी को हार मिली है। इधर, केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत और पूर्व सीएम अशोक गहलोत अपना-अपना वार्ड भी नहीं बचा पाए। आप पार्टी पहली बार किसी नगर परिषद में स्पष्ट बहुमत के साथ चेयरमैन बनाने की स्थिति में आ गई है। बारां में आप बीजेपी और कांग्रेस पर भारी पड़ गई। जयपुर में बीजेपी अपना मेयर बनाने के करीब पहुंच गई है। वहीं, सीएम भजनलाल शर्मा के गृह जिले भरतपुर में निर्दलीय के सहारे ही बीजेपी मेयर बना सकेगी। बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ के पाली में बीजेपी को हार और कांग्रेस को जीत मिली है। अजमेर में 36 साल बाद कांग्रेस सबसे बड़ी पार्टी 10 निगमों में से 1 बीकानेर में 80 में से 42 वार्ड जीत कर कांग्रेस को स्पष्ट बहुमत मिल गया है। केंद्रीय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल बीजेपी को जीत नहीं दिला पाए। वहीं अजमेर में 80 वार्ड में कांग्रेस 37, बीजेपी 32 और पाली में 65 वार्ड में से कांग्रेस 29 और बीजेपी 21 वार्ड पर जीतीं। कांग्रेस यहां बड़ी पार्टी बनकर उभरी। विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी और केंद्रीय राज्यमंत्री भागीरथ चौधरी के गढ़ अजमेर निगम में 36 साल बाद कांग्रेस सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है। भरतपुर–जोधपुर में निर्दलीय होंगे किंगमेकर सीएम भजनलाल के गृह जिले भरतपुर में निर्दलीय किंगमेकर बनेंगे। यहां 65 में से 38 सीटें निर्दलीयों ने जीती हैं। बीजेपी ने 20 और कांग्रेस ने 7 सीटें जीतीं। बीजेपी को बोर्ड बनाने के लिए निर्दलीयों का सहारा चाहिए। इसी तरह बीजेपी का गढ़ माने जाने वाले केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत के क्षेत्र जोधपुर में कांग्रेस ने जबरदस्त टक्कर दी है। दोनों पार्टियों ने 44-44 वार्ड जीते हैं। अब नजरें 11 सीट पर जीत चुके निर्दलीयों पर जा टिकी हैं। वहीं एक वार्ड पर नतीजा आना बाकी है। यहां केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत के वार्ड 56 में भाजपा और तीन बार सीएम रहे अशोक गहलोत के वार्ड 88 में कांग्रेस हार गई। उदयपुर, अलवर, कोटा में बीजेपी मजबूत उदयपुर निगम में 80 में से 53 और भीलवाड़ा में 70 में से 45 वार्ड जीतकर बीजेपी बोर्ड बनाने की स्थिति में आ गई है। केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव के क्षेत्र अलवर और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के क्षेत्र कोटा में भी बीजेपी बहुमत के नजदीक है और निर्दलीयों से सहारे बोर्ड बना सकती है। वसुंधरा में गढ़ में भाजपा को सिर्फ 13 सीटें नगर परिषद की बात करें तो पूर्व सीएम वसुंधरा राजे के गढ़ झालावाड़ में 45 में से बीजेपी मात्र 13 वार्डों पर सिमट गई और कांग्रेस ने 39 वार्ड जीत लिए। सचिन पायलट के विधानसभा क्षेत्र टोंक नगर परिषद में कांग्रेस ने 60 में से 32 वार्ड जीत लिए है। बीजेपी 19 और बाकी वार्ड निर्दलीयों ने जीते। नगर परिषद बारां नगर परिषद में आप पार्टी ने 60 में से 31 वार्डों में जीत हासिल की और बीजेपी 9 और कांग्रेस 17 पर सिमट गए। आप पहली बार राजस्थान में अपना चेयरमैन बनाएगी। ……….. ये खबरें भी पढ़ें… राजस्थान- 10 में से 4 नगर निगमों में निर्दलीय किंगमेकर:पाली-अजमेर के रिजल्ट ने चौंकाया; बीकानेर में कांग्रेस, भीलवाड़ा-उदयपुर में भाजपा बनाएगी मेयर भाजपा और कांग्रेस के प्रत्याशियों को 1-1 वोट मिला:सीकर में कांग्रेस-निर्दलीय समर्थक भिड़े, पत्थर फेंके; वसुंधरा राजे के गढ़ झालावाड़ में कांग्रेस जीती
जगराओं में खेती के लिए अघोषित बिजली कटौती से परेशान किसानों ने सोमवार को सड़क जाम कर प्रदर्शन किया। संयुक्त किसान मोर्चे के आह्वान पर विभिन्न किसान संगठनों के कार्यकर्ताओं ने सिद्धवां बेट रोड स्थित पावरकॉम एक्सईएन कार्यालय के सामने करीब चार घंटे तक धरना दिया। किसानों ने खेतों को 8 घंटे बिना रुकावट बिजली सप्लाई देने की मांग की, ताकि पानी की कमी से धान की फसल को बचाया जा सके। प्रदर्शन में भारतीय किसान यूनियन एकता डकौंदा, भारतीय किसान यूनियन लखोवाल, कीर्ति किसान यूनियन एकता डकौंदा और जमहूरी किसान सभा समेत कई संगठनों के कार्यकर्ता शामिल हुए। किसान नेताओं ने पंजाब सरकार पर बिजली संकट को लेकर किए जा रहे दावों और जमीनी स्थिति में अंतर होने का आरोप लगाया। किसान नेताओं ने कहा कि सरकार सत्ता में आने के समय 24 घंटे बिजली और पंजाब की अपनी कोयला खदान होने का दावा करती थी। अब बिजली संकट के लिए कोयले की कमी को जिम्मेदार बताया जा रहा है। उन्होंने कहा कि खेतों में मोटरें नहीं चलने से धान की फसल सूखने की कगार पर पहुंच गई है। समय पर पानी नहीं मिला तो किसानों को फसल नष्ट करने तक की नौबत आ सकती है। एक्सईएन नहीं पहुंचे तो जगराओं-जालंधर रोड जाम नेताओं ने घरेलू बिजली सप्लाई और उद्योगों पर भी असर पड़ने का दावा किया। उन्होंने कहा कि लंबे बिजली कटों से औद्योगिक गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं और मजदूरों की दिहाड़ी टूट रही है। किसानों ने अघोषित कट तुरंत खत्म कर 8 घंटे लगातार बिजली देने की मांग की। धरने के दौरान जब मांगपत्र लेने के लिए एक्सईएन मौके पर नहीं पहुंचे तो किसानों ने जगराओं-जालंधर रोड पर चक्का जाम कर दिया। इससे यातायात प्रभावित हुआ। सूचना मिलने पर एसडीओ सब-अर्बन मौके पर पहुंचे और किसान नेताओं से बातचीत की। एसडीओ ने किसानों को 8 घंटे निर्बाध बिजली सप्लाई देने का लिखित भरोसा दिया। आश्वासन मिलने के बाद किसानों ने जाम हटा लिया और यातायात सामान्य हुआ। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में किसान नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
बिहार में यूसीसी पर जेडीयू का बड़ा बयान, श्याम रजक बोले- किसी कीमत पर लागू नहीं होने देंगे
अमित शाह के 2029 से पहले भाजपा-एनडीए शासित राज्यों में यूसीसी लागू करने के बयान पर जेडीयू विधायक श्याम रजक ने बिहार को लेकर बड़ा बयान दिया है।
मथुरा में गणपति उत्सव आयोजित:शोभायात्रा संग निकाली कलश यात्रा, बच्चों ने धारण किए विभिन्न स्वरूप
मथुरा के वृन्दावन रोड स्थित ग्रोइंग सोल किड्स स्कूल में 12 दिवसीय गणपति उत्सव की शुरुआत भव्य शोभायात्रा के साथ की गई। शोभायात्रा की शुरुआत शिव बाला नाथ नगर स्थित शिव मंदिर से हुई, जिसमें स्कूली छात्र-छात्राओं ने भगवान शिव, माता पार्वती, कार्तिकेय और गणेश जी का स्वरूप धारण किया। छात्र-छात्राओं के परिजनों द्वारा एक भव्य कलश यात्रा भी निकाली गई, जिसमें कुल 131 महिलाएं सर पर पवित्र जल लेकर निकलीं। इस कलश और शोभायात्रा में भगवान गणेश के साथ हाथी, चूहों और गोरिल्ला ने भी बच्चों का मनोरंजन किया। शोभायात्रा का समापन ग्रोविंग सोल किड्स स्कूल के मुख्य मंच पर गणपति स्थापना के साथ हुआ, जहां सैकड़ों छात्राओं ने मराठी वेशभूषा धारण कर गणपति बप्पा मोरया के नारे लगाए। कार्यक्रम के बारे में जानकारी देते हुए ग्रोविंग सोल किड्स स्कूल की प्रधानाचार्य सोनिका शर्मा ने बताया कि इस उत्सव का उद्देश्य बच्चों में सांस्कृतिक जागरूकता और धार्मिक भावना को बढ़ावा देना है।
हाथरस में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव अनु चौधरी ने सोमवार दोपहर करीब 2 बजे नगला भूस स्थित वृद्धाश्रम का निरीक्षण किया। यह निरीक्षण उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के आदेश और जनपद न्यायाधीश विनय कुमार-III के निर्देश पर किया गया। उन्होंने वृद्धाश्रम में रह रहे बुजुर्गों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं और व्यवस्थाओं की जानकारी ली। रजिस्टर और भंडार कक्ष की जांच निरीक्षण के दौरान सचिव ने उपस्थिति पंजिका, स्टॉक रजिस्टर, दवाइयों से संबंधित रजिस्टर, भोजन का मेन्यू और भंडार कक्ष का निरीक्षण किया। उन्होंने बुजुर्गों को दिए जाने वाले भोजन और नाश्ते के बारे में भी जानकारी ली। वृद्धाश्रम की वार्डन नीतू मिश्रा, रसोइया और अन्य स्टाफ मौके पर मौजूद रहा। गर्मी से बचाव की व्यवस्था देखी सचिव ने गर्मी को देखते हुए वृद्धाश्रम में कूलर और पंखों की व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने आवश्यक व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखने के लिए संबंधित स्टाफ को निर्देश दिए। अनु चौधरी ने वार्डन नीतू मिश्रा को वृद्धाश्रम में रह रहे बुजुर्गों की नियमित स्वास्थ्य जांच कराने के निर्देश दिए। साथ ही जिन बुजुर्गों के आधार कार्ड और आयुष्मान कार्ड नहीं बने हैं, उनके कार्ड बनवाने की प्रक्रिया पूरी कराने को कहा।
बिजनौर के रेहड़ थाना क्षेत्र में सोमवार तड़के करीब 4 बजे नेशनल हाईवे 734 पर एक सड़क हादसे में एक बाइक सवार मैकेनिक की मौत हो गई। इस हादसे में उसका साथी गंभीर रूप से घायल हुआ है। यह हादसा नगीना वन रेंज के रायपुरी कैंप कार्यालय के सामने पीली नदी के पुल के पास हुआ। हल्दौर थाना क्षेत्र के गांव सौतखेड़ी निवासी आफताब अहमद (32) अपने साथी इकबाल अहमद के साथ बिलासपुर (रामपुर) से बेकरी का ओवन ठीक करके घर लौट रहा था। इसी दौरान एक अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि दोनों बाइक सवार सड़क पर गिर गए और गंभीर रूप से घायल हो गए। मौके पर मौजूद वन विभाग के रायपुरी कैंप के कर्मचारियों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। रेहड़ पुलिस ने 108 एंबुलेंस से दोनों घायलों को सीएचसी अफजलगढ़ भेजा। सीएचसी में डॉक्टरों ने आफताब को मृत घोषित कर दिया। इकबाल की हालत नाजुक थी, इसलिए उसे हायर सेंटर रेफर किया गया है। मृतक के चाचा नईम अहमद ने बताया कि आफताब पेशे से मैकेनिक था। वह अपने पीछे पांच छोटे बच्चे छोड़ गया है। थानाध्यक्ष रेहड़ राजीव कुमार ने बताया कि शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। अज्ञात वाहन की तलाश जारी है और तहरीर के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
अमेठी में आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (AB-PMJAY) के लिए डिस्ट्रिक्ट इंफॉर्मेशन सिस्टम मैनेजर (DISM) के एक पद पर भर्ती की जाएगी। यह भर्ती संविदा के आधार पर होगी। मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) डॉ. अंशुमान सिंह ने इसके लिए आवेदन मांगे हैं। इस पद के लिए उम्मीदवार के पास बी.टेक (कंप्यूटर साइंस/आईटी/मैथ एंड कंप्यूटिंग/डेटा साइंस) या एमसीए की डिग्री होनी चाहिए। साथ ही, सूचना प्रणाली के क्रियान्वयन और प्रबंधन का कम से कम पांच साल का अनुभव जरूरी है। बीमा क्षेत्र में आईटी सिस्टम के रखरखाव और बीमा नामांकन व क्लेम प्रबंधन प्रणाली का अनुभव रखने वालों को प्राथमिकता दी जाएगी। चयनित उम्मीदवार को हर महीने 40,000 रुपये का मानदेय मिलेगा। इच्छुक उम्मीदवार अपना आवेदन पत्र और बायोडाटा मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय, अमेठी में 30 सितंबर 2026 तक ऑफिस समय में जमा कर सकते हैं। आवेदन का प्रारूप और पूरी जानकारी जनपद की आधिकारिक वेबसाइट www.amethi.nic.in पर उपलब्ध है। CMO ने साफ किया कि आवेदनों की जांच के बाद योग्य उम्मीदवारों का इंटरव्यू लिया जाएगा। चयन प्रक्रिया पूरी तरह से मेरिट और तय मानकों के आधार पर होगी। पुलिसकर्मियों पर भी दबाव बनाने की कोशिश की यह नियुक्ति शुरुआत में 31 मार्च 2027 तक संविदा पर होगी। अगर शासन के निर्देश और काम संतोषजनक रहा, तो इसे आगे बढ़ाया जा सकता है। उन्होंने जिले के योग्य और इच्छुक युवाओं से समय रहते आवेदन कर इस मौके का फायदा उठाने को कहा है। आरोप है कि इसके बाद प्रसून तिवारी ने आयुष के बारे में पूछताछ करते हुए 25 लाख रुपये देने का दबाव बनाया। रंजना का आरोप है कि विरोध करने पर आरोपियों ने उन्हें कार से नीचे खींचने की कोशिश की।उन्होंने तत्काल यूपी-112 पुलिस को सूचना दी। पुलिस के पहुंचने के बाद भी काफी देर तक मौके पर विवाद चलता रहा।महिला ने आरोप लगाया कि आरोपियों ने पुलिसकर्मियों पर भी दबाव बनाने की कोशिश की। मामले में भाजपा नेता प्रसून तिवारी,संजय पांडेय और उनके समर्थकों अम्मन अग्रहरी,अंकित अग्रहरी,लोकेश त्रिपाठी,पांशु द्विवेदी,अभिषेक बाजपेई,क्षितिज नारायण दीक्षित,आदर्श मिश्रा,प्रशांत बाजपेई,राजा और रितेश के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।
बलरामपुर के ग्राम पंचायत सरगवां में पुलिया नहीं होने से ग्रामीणों की परेशानी सामने आई है। हाल ही में बीमार महिला को अस्पताल ले जाने के लिए 108 एंबुलेंस गांव तक नहीं पहुंच सकी। इसके बाद ग्रामीणों ने महिला को बांस की पालकी में कंधे पर उठाया और करीब 3 किलोमीटर पैदल चलकर मुख्य सड़क तक पहुंचाया। ग्रामीणों का कहना है कि बम्हनी नाले पर पिछले 25 साल से पुलिया की मांग की जा रही है, लेकिन अब तक समस्या का समाधान नहीं हुआ है। बारिश में नाला उफान पर आने से करीब 500 ग्रामीणों का संपर्क मुख्य सड़क से कट जाता है। बारिश में ग्रामीणों का मुख्य सड़क से कट जाता है संपर्क ग्रामीणों के मुताबिक, सरगवां के बम्हनी नाले पर कई सालों से पुलिया नहीं है। बारिश के मौसम में नाला उफान पर आ जाता है, जिससे नाले के दूसरी तरफ रहने वाले करीब 500 लोगों का मुख्य सड़क से संपर्क टूट जाता है। इनमें विशेष पिछड़ी जनजाति पहाड़ी कोरवा परिवार भी शामिल हैं। बारिश के दिनों में ग्रामीणों को घुटने तक पानी में नाला पार करना पड़ता है। सबसे ज्यादा परेशानी महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों को होती है। किसी की तबीयत खराब होने पर समस्या और बढ़ जाती है, क्योंकि एंबुलेंस गांव तक नहीं पहुंच पाती। 25 साल से कर रहे पुलिया बनाने की मांग ग्रामीणों का कहना है कि वे पिछले करीब 25 साल से बम्हनी नाले पर पुलिया बनाने की मांग कर रहे हैं। उन्होंने कई बार जनदर्शन, जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के सामने अपनी समस्या रखी, लेकिन अब तक पुलिया नहीं बन सकी। नाले के पास ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन पुलिया की मांग को लेकर ग्रामीणों ने नाले के पास प्रदर्शन भी किया। उन्होंने हाथों में तख्तियां लेकर 'हमारी मांग पूरी करो' और 'सड़क-पुलिया भीख में दे दो' जैसे नारे लगाए। ग्रामीणों का कहना है कि 25 साल से पुलिया की मांग करते-करते वे थक चुके हैं। उनका कहना है कि अगर उनका हक नहीं दिया जा रहा है तो कम से कम पुलिया बनाकर लोगों को राहत दी जाए, ताकि मरीजों को कंधे पर उठाकर मुख्य सड़क तक न ले जाना पड़े। ग्रामीणों ने प्रशासन से बम्हनी नाले पर जल्द पुलिया बनाने की मांग की है।
शिवपुरी जिले के अमोला थाना क्षेत्र में लाइसेंसी शराब दुकान में तोड़फोड़ और आगजनी के मामले में पुलिस ने 21 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें ग्राम गणेशखेड़ा के सरपंच छोटेराजा गुर्जर (42) और ग्राम अमोलपठा के जनपद सदस्य दुष्यंत परमार (35) भी शामिल हैं। आरोपियों पर दुकान में घुसकर तोड़फोड़, शराब की बोतलों में आग लगाने, कर्मचारी से मारपीट और गाली-गलौज करने का आरोप है। सभी आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों पर आबकारी विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों से मारपीट करने और सरकारी काम में बाधा डालने का भी आरोप है। पचावली में भी शराब दुकान में आगजनी-तोड़फोड़ रन्नौद थाना क्षेत्र के पचावली में शराब दुकान में आगजनी और तोड़फोड़ के एक अन्य मामले में पुलिस ने लखन उर्फ किन्ना आदिवासी को गिरफ्तार कर जेल भेजा है। इस मामले में पहले ही 18 महिलाओं और 3 पुरुषों समेत 21 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। अब लखन उर्फ किन्ना आदिवासी की गिरफ्तारी की गई है।
चित्रकूट में विश्वप्रसिद्ध सदगुरु नेत्र चिकित्सालय में NABH (नेशनल एक्रीडिटेशन बोर्ड फॉर हॉस्पिटल्स एंड हेल्थकेयर प्रोवाइडर्स) के नए मानकों को लेकर दो दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें अस्पतालों में गुणवत्तापूर्ण सुविधाएं, मरीजों की सुरक्षा और रोगी-केंद्रित आई केयर व्यवस्था को बेहतर बनाने के तरीकों की जानकारी दी गई। प्रतिभागियों को नए मानकों में हुए बदलाव और उन्हें अस्पताल की व्यवस्थाओं में लागू करने की प्रक्रिया समझाई गई। विशेषज्ञों ने नए मानकों की दी जानकारी NABH के फैकल्टी डॉ. नवीन नीरज और डॉ. गगन डुडेजा ने नए मानकों में किए गए बदलावों के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि इन मानकों को प्रभावी तरीके से लागू कर मरीजों को सुरक्षित और बेहतर उपचार उपलब्ध कराया जा सकता है। कार्यशाला में मानकों के अनुपालन और उन्हें अस्पताल की दैनिक व्यवस्थाओं में शामिल करने के तरीकों पर भी प्रशिक्षण दिया गया। गुरुदेव पूजन से हुई कार्यशाला की शुरुआत कार्यशाला की शुरुआत गुरुदेव पूजन और स्वर्गीय पद्मश्री डॉ. बीके जैन के स्मरण के साथ हुई। सदगुरु नेत्र चिकित्सालय के रेटिना विभाग प्रमुख एवं वरिष्ठ नेत्र चिकित्सक डॉ. आलोक सेन ने प्रशिक्षकों का स्वागत किया। उन्होंने कार्यशाला को अस्पताल की गुणवत्ता और मरीजों की सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण बताया। डॉ. सेन ने प्रतिभागियों से श्री सद्गुरु सेवा संघ ट्रस्ट के सभी नेत्र चिकित्सालयों में NABH के नए मानकों को प्रभावी ढंग से लागू करने की अपील की। चार नेत्र चिकित्सालयों की टीमें शामिल हुईं कार्यशाला में ट्रस्ट के सदगुरु संकल्प आई हॉस्पिटल आनंदपुर, शहीद भगत सिंह आई हॉस्पिटल बरेली, निर्माणाधीन सदगुरु नेत्र चिकित्सालय काशी और सदगुरु नेत्र चिकित्सालय चित्रकूट के डॉक्टरों एवं अस्पताल की टीमों ने भाग लिया। सभी प्रतिभागियों को NABH के नए मानकों की हैंडबुक भी उपलब्ध कराई गई, ताकि वे अपने-अपने अस्पतालों में मानकों को लागू करने में इसका उपयोग कर सकें। प्रशिक्षकों ने सदगुरु नेत्र चिकित्सालय के निदेशक एवं ट्रस्टी डॉ. इलेश जैन का आभार जताया। उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण, सुरक्षित और मरीज-केंद्रित आई केयर सिस्टम को मजबूत करने के लिए कार्यशाला उपयोगी मंच रही।
रोहतास में अवसानी नदी के पास लावारिस झोले से 2 देशी कट्टा और रिवाल्वर बरामद
14 सितंबर, सोमवार, रोहतास: रोहतास थाना क्षेत्र में अवसानी नदी के समीप रविवार देर शाम पुलिस ने ग्रामीणों की सूचना पर लावारिस झोले से तीन अवैध हथियार बरामद किए। इनमें दो देशी कट्टा और एक रिवाल्वर शामिल है। पुलिस ने हथियार जब्त कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
हिसार में नशा तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एंटी नारकोटिक सेल की टीम ने गंगवा क्षेत्र में कार्रवाई की। टीम ने 661 ग्राम अफीम के साथ धांसू निवासी रविन को गिरफ्तार किया है। आरोपी जिस आई-20 कार में सवार था, उसे भी पुलिस ने जब्त कर लिया है। एंटी नारकोटिक सेल प्रभारी इंस्पेक्टर जितेंद्र के अनुसार, एएसआई विनोद कुमार अपनी टीम के साथ गंगवा गांव में मौजूद थे। तभी पुलिस को सूचना मिली कि एक व्यक्ति कार में नशीला पदार्थ लेकर क्षेत्र से जा रहा है। सूचना मिलने पर पुलिस टीम ने विराट नगर, गंगवा के पास आई-20 कार को रुकवाकर नियमों के तहत तलाशी ली। तलाशी के दौरान रविन के पास से 661 ग्राम अफीम मिली। आरोपी के नेटवर्क को खंगाल रही पुलिस पुलिस ने अफीम जब्त कर आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज किया है। तस्करी में इस्तेमाल हुई आई-20 कार भी पुलिस ने कब्जे में ले ली। पुलिस अब आरोपी से पूछताछ कर पता लगा रही है कि वह अफीम कहां से लाया था और इसे किसे बेची जानी थी। पुलिस के अनुसार, आरोपी को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लिया जाएगा। रिमांड के दौरान अफीम की सप्लाई के स्रोत, नेटवर्क और इस कारोबार से जुड़े अन्य लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जाएगी। पुलिस का मकसद नशे की खेप पहुंचाने और लेने वाले दोनों तक पहुंचना है। एसपी सिद्धांत जैन ने कहा कि नशा तस्करी में शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी।
मुजफ्फरपुर के सिकंदरपुर में शौचालय की टंकी में दम घुटने से 2 मजदूरों की मौत
14 सितंबर, सोमवार, मुजफ्फरपुर: सिकंदरपुर थाना क्षेत्र में निर्माणाधीन मकान में शौचालय की टंकी की सेटिंग खोलने के दौरान दम घुटने से दो मजदूरों की मौत हो गई। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। घटना की जानकारी के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
हिसार शहर के सबसे पुराने और व्यस्ततम लक्ष्मीबाई चौक के पास रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी-77) को लेकर बड़ा फैसला लिया गया है। शहर को आने वाले 50 वर्षों तक ट्रैफिक जाम से स्थायी राहत दिलाने के लिए इस पुराने फोरलेन पुल को अब 6-लेन रेलवे ओवरब्रिज के रूप में नए सिरे से विकसित किया जाएगा। यह प्रोजेक्ट केवल एक पुल का निर्माण नहीं, बल्कि हिसार के भविष्य का सबसे बड़ा इन्फ्रास्ट्रक्चर लैंडमार्क बनेगा। इस मेगा प्रोजेक्ट की सबसे बड़ी और खास बात यह है कि एक ही आरओबी संरचना में 3 आधुनिक व्हीकल अंडरपास (VUP) बनाए जाएंगे, ताकि किसी भी दिशा से आने-जाने वाला यातायात बिना रुके सुचारु रूप से चल सके। इस प्रोजेक्ट के पूरा होने के बाद आसानी से वाहन बिना रूके आइजी चौक से पारिजात चौक तक निकल सकेंगे। इसलिए करना पड़ा बदलाव का फैसला... सड़कों का 6-लेन होना: टाउन पार्क से लक्ष्मीबाई चौक तथा बीकानेर चौक से बस स्टैंड व सिरसा चुंगी तक का मार्ग 6-लेन किया जा रहा है। ऐसे में बीच का यह पुल फोरलेन रखना व्यावहारिक नहीं था। लक्ष्मीबाई चौक से आरओबी-77 तक का पूरा कॉरिडोर 6-लेन बनने से यह क्षेत्र एक 'हाई कैपेसिटी ट्रैफिक कॉरिडोर' में तब्दील हो जाएगा। क्लियरेंस और ट्रेनों की गति: पूर्व मुख्यमंत्री बंसीलाल के कार्यकाल में वर्ष 1975 में बना यह आरओबी शहर का पहला फोरलेन पुल था। ट्रेनों को यहां से गुजरते समय अपनी रफ्तार घटाकर 15 से 30 किलोमीटर प्रति घंटा करनी पड़ती है। रेलवे के आधुनिकीकरण व इलेक्ट्रिफिकेशन को ध्यान में रखते हुए इस पुल की ऊंचाई और लंबाई दोनों बढ़ाई जा रही हैं। मंत्री के निर्देश पर बनाई जा रही योजनाहरियाणा के लोक निर्माण एवं जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री रणबीर सिंह गंगवा के निर्देशों के बाद लोक निर्माण विभाग (PWD) और रेलवे के वरिष्ठ अधिकारियों के बीच उच्च स्तरीय मंथन जारी है। इस परियोजना के बनने से शहर में व्यापार, उद्योग, निवेश और कनेक्टिविटी को भारी बढ़त मिलेगी।
रोहतक के गांव बैंसी में मकान की छत गिरने से एक युवक उसके नीचे दब गया। परिवार के सदस्य तुरंत मलबे से निकालकर युवक को पीजीआई लेकर गए, जहां उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना पाकर लाखनमाजरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। मृतक की पहचार करीब 30 वर्षीय नवीन नेहरा पुत्र राजेंद्र नेहरा के रूप में हुई, जो दोपहर के समय अपने घर पर था। इसी दौरान घर की छत अचानक से गिर गई, जिसमें नवीन नेहरा उसके नीचे दब गया। छत गिरने के कारण नवीन गंभीर रूप से घायल हो गया। नवीन पर छत गिरने के बाद परिवार के लोग भागे और पड़ोसियों की मदद से नवीन को बाहर निकाला। पीजीआई में मृत किया घोषित नवीन को घायल अवस्था में परिवार के लोग पीजीआई लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद सूचना लाखनमाजरा थाना पुलिस को दी गई। सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। बड़े भाई की किसान आंदोलन की हो चुकी मौत नवीन नेहरा के बड़े भाई दीपक नेहरा की किसान आंदोलन के दौरान 2021 में मौत हो गई थी। तभी से परिवार की जिम्मेदारी नवीन के ऊपर थी। नवीन की दो बड़ी बहन भी है, जिनकी शादी हो चुकी है। नवीन के दो बच्चे है, जिनके सिर से पिता का साया उठ गया। खेती बाड़ी करके चलाता था घर का गुजारा नवीन नेहरा खेती बाड़ी का काम करके अपने घर का गुजारा करता था। बरसात के कारण घर की छत कमजोर हो गई थी, जिसके कारण अचानक वह भरभरा कर गिर गई और नवीन उसके नीचे दबकर गंभीर रूप से घायल हो गया। जिसे अस्पताल लाया गया तो उसे मृत घोषित किया। पुलिस मामले में कर रही जांचलाखनमाजरा पुलिस ने बताया कि उन्हें छत के नीचे दबकर एक युवक की मौत होने की सूचना मिली थी। सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर डेड हाउस में रखवा दिया। पुलिस मामले में जांच कर रही है। परिजनों के बयान पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
किसान मजदूर मोर्चा की राज्य कमेटी के आह्वान पर क्षेत्र के विभिन्न किसान संगठनों ने सोमवार को फरीदकोट के गांव संधवां में विधानसभा स्पीकर कुलतार सिंह संधवां के निवास स्थान के पास पांच दिवसीय रोष धरना शुरू कर दिया है। धरने के दौरान किसानों ने पंजाब और केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों को लेकर रोष प्रकट किया। पुलिस प्रशासन ने किसानों को ट्रॉलियों के साथ स्पीकर संधवां के निवास तक जाने की अनुमति नहीं दी, जिसके बाद किसानों ने पैदल मार्च करते हुए स्पीकर के घर के पास पहुंचकर अपना मोर्चा संभाल लिया। सोमवार से स्पीकर कुलतार सिंह संधवां सहित पंजाब के आठ मंत्रियों के आवासों के बाहर भी इस तरह के धरने शुरू किए गए हैं। किसान नेता चमकौर सिंह व अन्य वक्ताओं ने संबोधित करते हुए कहा कि सरकारें लगातार किसानों और मजदूरों की जायज मांगों को नजरअंदाज कर रही हैं। क्या है किसानों की मांगे शंभू-खनौरी बॉर्डर मुआवजा: किसान आंदोलन के दौरान किसानों की ट्रॉलियों और अन्य सामान के हुए नुकसान व चोरी की भरपाई की जाए। MSP की कानूनी गारंटी: फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) की कानूनी गारंटी का कानून बनाया जाए। पंजाब सरकार चाहे तो पांच फसलों पर एमएसपी की कानूनी गारंटी दे सकती है, लेकिन इस दिशा में कदम नहीं उठाया जा रहा। कड़े बिलों और समझौतों का विरोध: विधानसभा का विशेष सत्र बुलाकर बीज संशोधन बिल, बिजली संशोधन बिल और भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को रद्द किया जाए। 16 सितंबर को होगी राज्य स्तरीय बैठक किसान नेताओं ने चेतावनी दी कि पांच दिवसीय इस पक्के मोर्चे के माध्यम से सरकार को उसके वादे याद दिलाए जा रहे हैं। यदि इसके बावजूद सरकार ने उनकी सुध नहीं ली, तो भविष्य में और भी तीखा संघर्ष शुरू किया जाएगा। इसी कड़ी में चल रहे धरने के दौरान ही आगामी 16 सितंबर को एक राज्य स्तरीय बैठक बुलाई जाएगी, जिसमें अगले बड़े संघर्ष का ऐलान किया जाएगा।
करनाल बार एसोसिएशन के चुनाव का परिणाम मंगलवार दोपहर बाद घोषित किया गया। प्रधान पद पर कनवदीप सिंह ने 4 वोट से जीत दर्ज की। दोबारा हुई मतगणना में कनवदीप को 861 और जंगशेर सिंह राणा को 857 वोट मिले। 303 वोट तीसरे प्रत्याशी विनोद कुमार को मिले, जबकि 15 वोट अवैध घोषित हुए। हालांकि रिटर्निंग ऑफिसर की जानकारी में तीसरे प्रत्याशी के तौर पर अभिनव कुमार शर्मा का नाम भी बताया गया। बार कौंसिल के तीन सदस्यों ने कराई मतगणनानवनिर्वाचित प्रधान कनवदीप सिंह ने बताया कि निष्पक्ष मतगणना के लिए बार कौंसिल के तीन सदस्यों को नियुक्त किया गया था। मंगलवार को दोबारा शांतिपूर्ण तरीके से मतगणना हुई। उन्होंने इसके लिए बार कौंसिल सदस्यों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि रिटर्निंग ऑफिसर टीम ने भी चुनाव अच्छी तरह करवाया था, लेकिन एक छोटी घटना के कारण निष्पक्ष मतगणना के लिए मामला बार कौंसिल के पास भेजा गया था। वकीलों के कल्याण को प्राथमिकता देने का दावाकनवदीप ने कहा कि उनकी प्राथमिकता वकील साथियों का कल्याण रहेगा। इसके लिए घोषणा पत्र तैयार किया गया है और बुधवार से ही उस पर काम शुरू कर दिया जाएगा, ताकि किए गए वादों को पूरा किया जा सके। नई टीम में इन्हें मिली जिम्मेदारीबार कौंसिल मेंबर प्रमिला शर्मा ने बताया कि मोहित अरोड़ा को कोषाध्यक्ष, चंद्रप्रकाश को सचिव, संजय चौधरी को उपप्रधान, प्रीति राणा को महिला उपप्रधान और वंदना को महिला सहसचिव चुना गया है। प्रधान पद पर कनवदीप सिंह निर्वाचित हुए हैं।
अलीगढ़ में बन्नादेवी पुलिस ने डकैती की योजना बनाने के आरोप में रविवार को 7 युवकों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। गिरफ्तार आरोपियों में सपा नेता निराले खां का बेटा कबीर खां भी शामिल है। निराले खां कोल विधानसभा सीट से सपा के टिकट के दावेदार बताए जा रहे हैं। शहर में पिता-पुत्र के सपा के संभावित प्रत्याशी के तौर पर होर्डिंग भी लगे हैं। बेटे की गिरफ्तारी के बाद मामले ने राजनीतिक रंग भी ले लिया है। पुलिस के मुताबिक, बन्नादेवी थाना क्षेत्र में सातों आरोपी डकैती की योजना बनाते समय पकड़े गए। तलाशी के दौरान उनके पास से दो .32 बोर पिस्टल, 4 कारतूस, दो .315 बोर तमंचे और 2 कारतूस मिले। इसके अलावा एक चाकू, हथौड़ा और पेचकस भी बरामद किया गया। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों में कई का आपराधिक इतिहास है। शोएब के खिलाफ 6, मोहम्मद हुसैन के खिलाफ 3, आमिर और अब्दुल्ला के खिलाफ 3-3 मुकदमे दर्ज हैं। वारिश के खिलाफ सबसे ज्यादा 8 मुकदमे बताए गए हैं। पुलिस के अनुसार जीशान और कबीर के खिलाफ इस मामले के अलावा कोई पुराना मुकदमा दर्ज नहीं है। पिता बोले- बेटे का अपराध से कोई लेना-देना नहीं कबीर खां के पिता और सपा नेता निराले खां ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि कबीर एक निजी यूनिवर्सिटी से बीए-एलएलबी की पढ़ाई कर रहा है और उसका अपराध से कोई लेना-देना नहीं है। निराले खां के मुताबिक, कबीर के कुछ दोस्तों का इस मामले से संबंध है। उन्हीं के चक्कर में उनके बेटे को गलत तरीके से फंसा दिया गया। उन्होंने बताया कि पुलिस के सामने उन्होंने बेटे की भूमिका नहीं होने की बात रखी थी, लेकिन पुलिस ने उनकी बात नहीं मानी और कबीर को जेल भेज दिया। निराले खां ने कहा कि अब वह मामले में न्यायालय की शरण लेंगे और वहां अपना पक्ष रखेंगे। गिरफ्तारी के बाद सपा के टिकट को लेकर चर्चाएं तेज कबीर खां की गिरफ्तारी इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि उनके पिता निराले खां कोल विधानसभा सीट से सपा टिकट के संभावित दावेदार बताए जा रहे हैं। शहर में कई स्थानों पर उनके और उनके बेटे के नाम से सपा के संभावित प्रत्याशी के तौर पर होर्डिंग लगे हैं। कबीर की गिरफ्तारी के बाद सपा के स्थानीय खेमे में भी चर्चाएं तेज हो गई हैं। हालांकि, निराले खां की राजनीतिक दावेदारी को लेकर सपा की ओर से अभी कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
“विकास फौजी ने मुझे टॉर्चर किया। सोशल मीडिया पर उसने मुझे परेशान किया। लाइव आकर उसने मेरे चरित्र पर उंगली उठाई। मेरी तस्वीर पर 10-20 रुपए का रेट लगाया। लाइव में विकास ने कहा कि इंद्रा पार्क में आओ, मीटअप करेंगे। उसने मेरे अलावा दो और महिलाओं का नाम लेते हुए कहा कि तीनों से मैं शादी करूंगा और पार्क में ही सुहागरात मनाऊंगा। इसके बाद दूसरे के घर में छोड़ दूंगा। इसके बाद मैंने विकास के खिलाफ आवेदन दिया, तो क्या गलत किया?” ये बातें लखनऊ की एक महिला वीडियो क्रिएटर ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर कही हैं। दरअसल, फेसबुक पर ‘विकास फौजी’ नाम से दो अकाउंट हैं। इन्हें मुजफ्फरपुर का विकास कुमार चलाता है। वह SSB सेक्टर हेडक्वार्टर में ASI के पद पर तैनात था। पीड़िता ने उसके खिलाफ 7 सितंबर को SSB में आवेदन दिया था। SSB ने जांच के बाद 11 सितंबर को विकास को निलंबित कर दिया। सोशल मीडिया से कमाई कराने का झांसा देकर मुजफ्फरपुर बुलाता था सोशल मीडिया पर विकास की अच्छी फॉलोइंग है। वह अक्सर मुजफ्फरपुर के सिटी पार्क समेत अन्य पार्कों में ब्लॉगर और कंटेंट क्रिएटर्स के साथ मीटअप करता था। इन मीटअप में मुजफ्फरपुर के अलावा दिल्ली और यूपी तक के क्रिएटर्स भी पहुंचते थे। पीड़िता का आरोप है कि फॉलोअर्स बढ़ाने और सोशल मीडिया से कमाई कराने का झांसा देकर विकास ने महिला क्रिएटर्स से संपर्क बढ़ाया। बाद में वह उन्हें गलत मैसेज भेजने, रुपए के लिए दबाव बनाने, ऑनलाइन बदनाम करने और मानसिक रूप से प्रताड़ित करने लगा। सिटी पार्क में जुटती थी ब्लॉगर्स की भीड़ लखनऊ की पीड़िता कहती हैं, मैं फेसबुक पर वीडियो और कंटेंट क्रिएशन का काम करती हूं। नवंबर में मुझे सोशल मीडिया के जरिए विकास फौजी के बारे में पता चला। इसके बाद मुजफ्फरपुर के सिटी पार्क में एक मीटअप हुआ। वहां बड़ी संख्या में फॉलोअर्स और ब्लॉगर मौजूद थे। विकास ने मुझे बताया कि वह मेरे फॉलोअर्स बढ़ा सकता है और फेसबुक पेज को सही तरीके से चलाकर कमाई करने में मदद कर सकता है। इसी उम्मीद में मैं उसके संपर्क में आई। बाद में विकास का व्यवहार बदलने लगा। वह गलत मैसेज करने लगा। रुपए को लेकर भी मुझ पर दबाव बनाया गया। मीटअप में फॉलोअर्स से पांव धुलवाने का भी आरोप पीड़िता का आरोप है कि विकास फौजी मीटअप के दौरान अपने फॉलोअर्स के बीच खास तरह का प्रभाव दिखाता था। वह फॉलोअर्स से अपने पैर तक धुलवाता था। रविवार को वह अक्सर तीन युवतियों के साथ सिटी पार्क पहुंचता था। वहां महिला और पुरुष ब्लॉगर्स की भीड़ जुटती थी। वहीं, चर्चा है कि पेज बनाकर सोशल मीडिया से कमाई करने के तरीके सिखाने के नाम पर प्रति व्यक्ति करीब 5 हजार रुपए भी लिए जाते थे। मीटअप के नाम पर घर बुलाने, वीडियो बनाने और विरोध करने पर मारपीट करने जैसे आरोप भी सामने आए हैं। दिल्ली की महिला से भी गलत व्यवहार किया पीड़िता ने अपने वीडियो में दावा किया, “मेरे अलावा दो अन्य महिलाओं के साथ भी गलत व्यवहार किया गया।” पीड़िता ने दिल्ली की एक महिला का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि उसे मुजफ्फरपुर बुलाया गया था और रहने की व्यवस्था करने की बात कही गई थी। वहां रुकने के दौरान उसके साथ गलत व्यवहार किया गया। बाद में वीडियो वायरल करने की धमकी देकर उससे रुपए लेने का भी आरोप लगाया गया। हालांकि, दिल्ली की उक्त महिला ने फिलहाल सार्वजनिक रूप से सामने आकर इस मामले में अपना पक्ष नहीं रखा है। विकास के परिजनों पर भी बदनाम करने का आरोप पीड़िता ने विकास फौजी की मुंहबोली बहन और भांजे पर भी सोशल मीडिया के जरिए उसे बदनाम करने का आरोप लगाया है। पीड़िता का आरोप है कि वीडियो बनाकर उसे भद्दी गालियां दी जा रही हैं। उसने ऐसे लोगों के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग की है। पीड़िता ने कहा, “मैं इस संबंध में लखनऊ के आलमबाग थाने में भी शिकायत करूंगी।” महिला की शिकायत के बाद SSB ने किया सस्पेंड महिला ब्लॉगर की शिकायत और सामने आए आरोपों के बाद SSB ने विकास के खिलाफ विभागीय जांच भी गठित की है। जांच से जुड़े इनपुट के अनुसार, कमेटी ने महिला फेसबुक ब्लॉगर के साथ दुर्व्यवहार, गाली-गलौज और अन्य आरोपों की जांच की। जांच में यह भी सामने आया कि विकास कुमार ने भारत सरकार के सोशल मीडिया से जुड़े सर्विस रूल्स का पालन नहीं किया। बिना विभागीय अनुमति के सिटी पार्क में फेसबुक ब्लॉगर्स के साथ मीटिंग करने का मामला भी जांच के दायरे में रहा। जांच कमेटी के अनुसार, मीटअप के दौरान गाली-गलौज और अश्लील टिप्पणियों से जुड़े तथ्य सामने आए। साथ ही, विवाद खड़ा कर ज्यादा से ज्यादा लाइक और शेयर हासिल करने की कोशिश किए जाने की बात भी सामने आई है। रिपोर्ट के अनुसार सस्पेंड किया SSB सेक्टर हेडक्वार्टर, मुजफ्फरपुर के सेकंड-इन-कमांड रजनीश कुमार मोरल ने बताया कि ब्लॉगर्स की ओर से लगाए गए आरोपों के बाद जांच टीम गठित की गई थी। कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर ASI को निलंबित किया गया है।
भिवानी के रेस्ट हाउस में भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष एवं पूर्व सांसद सुनीता दुग्गल ने पत्रकार वार्ता की। इसकी अध्यक्षता भाजपा जिला अध्यक्ष वीरेंद्र कौशिक ने की। इस दौरान भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष सुनीता दुग्गल ने अभियान की विस्तृत रूपरेखा और इसके तहत आयोजित होने वाली विभिन्न गतिविधियों की जानकारी दी। सुनीता दुग्गल ने दीपेंद्र हुड्डा के बयान पर भी चुटकी ली। रोहतक के सांसद दीपेंद्र हुड्डा द्वारा भाजपा के बार साल में विकास को लेकर कहा था कि स्कूल व अस्पतालों की हालत से विकास का रिपोर्टकार्ड लें और भाजपा के आलीशान कार्यालयों से। इस पर पूर्व सांसद सुनीता दुग्गल ने कहा कि यहां पर मेडिकल कॉलेज बन रहा है और यहां बंसीलाल यूनिवर्सिटी बनी है। सिरसा में भी मेडिकल कॉलेज बन रहा है। उनको तो कुछ-ना-कुछ टीका-टिप्पणी करनी है, इसलिए वे करते हैं। भाजपा शासन में जो विकास हुआ, वह कभी नहीं देखा होगा। सुनीता दुग्गल ने कहा कि 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलने वाले सेवा संकल्प अभियान का उद्देश्य सेवा के कार्यों को व्यापक जनभागीदारी से जोड़ना है। अभियान के माध्यम से समाज के विभिन्न वर्गों-युवा, महिलाएं, वरिष्ठ नागरिक, सामाजिक कार्यकर्ता, स्वयंसेवी संस्थाएं, धार्मिक एवं सामाजिक संगठन तथा विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े लोगों को सेवा कार्यों में सहभागी बनाया जाएगा। 25 प्रमुख सेवा गतिविधियों पर कार्य किया जाएगाउन्होंने कहा कि अभियान के अंतर्गत 25 प्रमुख सेवा गतिविधियों पर विशेष रूप से कार्य किया जाएगा। इनमें रक्तदान शिविर, अनाथालय एवं वृद्धाश्रम भ्रमण, वृक्षारोपण, स्वच्छता अभियान, स्वास्थ्य जांच शिविर, गांव को गोद लेकर सेवा कार्य, योग एवं ध्यान, प्लास्टिक मुक्त जागरूकता, महिला स्वास्थ्य एवं स्वच्छता, वंचित बच्चों को शिक्षा सहयोग, करियर काउंसलिंग, वरिष्ठ नागरिकों के लिए डिजिटल साक्षरता, अंगदान संकल्प, नशामुक्ति जागरूकता, पोषण एवं एनीमिया जागरूकता, सड़क सुरक्षा, जल संरक्षण, कचरा पृथक्करण एवं कम्पोस्टिंग, साइबर सुरक्षा, फिट इंडिया गतिविधियां, वीर गाथा एवं सैनिक सम्मान, दिव्यांगजन सहयोग, मतदाता जागरूकता, वोकल फॉर लोकल तथा सरकारी योजनाओं की जागरूकता जैसे विषय शामिल हैं। प्रत्येक नागरिक अपनी रुचि व स्थानीय आवश्यकता के अनुसार सेवा कार्य चुन सकता हैप्रदेश उपाध्यक्ष सुनीता दुग्गल ने कहा कि ‘सेवा मेरा योगदान’ अभियान के तहत प्रत्येक नागरिक अपनी रुचि और स्थानीय आवश्यकता के अनुसार सेवा का कोई एक कार्य चुन सकता है। यह सेवा कार्य घर, मोहल्ले, गांव, स्कूल, कार्यस्थल अथवा किसी सार्वजनिक स्थान पर किया जा सकता है। सेवा कार्य से पहले और बाद की तस्वीर अथवा संक्षिप्त वीडियो के माध्यम से वास्तविक बदलाव को सामने लाने पर भी जोर दिया गया है। अभियान के तहत ‘कहानी बदलाव की’ के माध्यम से केंद्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं से लाभान्वित नागरिकों की वास्तविक एवं प्रेरणादायी कहानियों को सामने लाया जाएगा। कार्यकर्ताओं द्वारा लाभार्थियों से संपर्क कर उनके अनुभवों को छोटे वीडियो के माध्यम से रिकॉर्ड किया जाएगा, जिससे योजनाओं के कारण जीवन में आए बदलावों को समाज के सामने रखा जा सके। सेवा ज्योति यात्रा से जनभागीदारी को बढ़ाया जाएगाइसी प्रकार ‘सेवा ज्योति यात्रा’ के माध्यम से गांव, जिला और राज्य स्तर पर जनभागीदारी को बढ़ाया जाएगा। यात्रा के समापन पर जनकल्याणकारी योजनाओं एवं पिछले वर्षों के सेवा कार्यों की जानकारी साझा करने के साथ ‘विकसित भारत 2047’ का सामूहिक संकल्प लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि अभियान में ‘सेवा सेतु’ के माध्यम से नागरिकों को केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी और पात्र लाभार्थियों को योजनाओं से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा। इसका उद्देश्य लोगों को योजनाओं का लाभ लेने के लिए अनावश्यक रूप से सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने से राहत देना और उन्हें एक ही स्थान पर आवश्यक सहायता उपलब्ध कराना है। इसमें व्यापाक रूप से भागीदार बनेंगे- दुग्गलसुनीता दुग्गल ने कहा कि सेवा संकल्प अभियान को व्यापक सामाजिक स्वरूप देते हुए इसमें एनजीओ, आध्यात्मिक संगठन, शैक्षणिक संस्थान, सरकारी संस्थान और माय भारत वालंटियर को भी संस्थागत भागीदार बनाया जाएगा। उन्होंने समाज के सभी वर्गों से इस अभियान में सक्रिय रूप से जुड़ने और सेवा के माध्यम से सकारात्मक बदलाव का हिस्सा बनने का आह्वान किया। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अभियान की विभिन्न गतिविधियों, उनकी समय-सीमा, जनभागीदारी तथा संगठनात्मक स्तर पर किए जाने वाले कार्यों को लेकर भी विस्तार से जानकारी दी गई। इस अवसर पर जिला महामंत्री रमेश पचेरवाल, जिला उपाध्यक्ष प्रदीप प्रजापति, जिला मीडिया प्रभारी राकेश मिश्रा , जतिन चावला उपस्थित रहे।
बांका के जिला पदाधिकारी अंशुल अग्रवाल के आदेश पर फुल्लीडुमर प्रखंड में सोमवार को प्रीति कुमारी ने नई प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) के रूप में पदभार संभाल लिया। तत्कालीन बीडीओ अमित प्रताप सिंह के रिश्वत लेते पकड़े जाने के बाद यह पद खाली था। अधिकारियों-कर्मचारियों से की मुलाकात पदभार ग्रहण करने के बाद प्रीति कुमारी ने प्रखंड कार्यालय के अधिकारियों और कर्मचारियों से परिचय लिया। उन्होंने प्रखंड में चल रहे विकास कार्यों, सरकारी योजनाओं और प्रशासनिक गतिविधियों की जानकारी ली। एक सितंबर को गिरफ्तार हुए थे तत्कालीन बीडीओ गौरतलब है कि फुल्लीडुमर के तत्कालीन बीडीओ अमित प्रताप सिंह को एक सितंबर को निगरानी विभाग ने रिश्वत लेते गिरफ्तार किया था। इसके बाद से बीडीओ का पद रिक्त था। अब नई बीडीओ के पदभार संभालने के बाद प्रखंड में प्रशासनिक और विकास कार्यों में तेजी आने की उम्मीद है। अधिकारियों ने बुके देकर किया स्वागत पदभार ग्रहण के दौरान श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी सह प्रभारी बीईओ मनोज प्रभाकर, बीएओ, आरओ शमा प्रवीण, बीपीआरओ शशि कुमार सिंह समेत कई अधिकारियों और कर्मचारियों ने बुके देकर नई बीडीओ का स्वागत किया। प्रखंड मुखिया संघ के अध्यक्ष सह कैथा पंचायत के मुखिया चंदन कुमार, पूर्व मुखिया सह पैक्स अध्यक्ष अजय यादव समेत अन्य जनप्रतिनिधियों ने भी प्रीति कुमारी को बुके देकर शुभकामनाएं दीं। योजनाओं का लाभ सही लोगों तक पहुंचाना प्राथमिकता नई बीडीओ प्रीति कुमारी ने कहा कि उनकी प्राथमिकता सरकार की योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाना और आम लोगों की समस्याओं का समय पर समाधान करना है। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों से आपसी समन्वय के साथ जिम्मेदारीपूर्वक काम करने की अपील की।
बदायूं में उत्तर प्रदेश माहौर वैश्य महासभा की बैठक हुई। इसमें समाज के अधिक से अधिक परिवारों को संगठन से जोड़ने, युवाओं की भागीदारी बढ़ाने और जरूरतमंद परिवारों की मदद के लिए सामूहिक प्रयास करने पर जोर दिया गया। बैठक की अध्यक्षता शिवलाल गुप्ता ने की, जबकि भाजपा जिलाध्यक्ष राजीव गुप्ता मुख्य अतिथि रहे। एकजुटता को बताया समाज की ताकत प्रदेश अध्यक्ष अजय के. गुप्ता ने कहा कि किसी भी समाज की ताकत उसकी एकजुटता होती है। समाज के हर परिवार को संगठन से जोड़कर आपसी सहयोग की भावना मजबूत करने की जरूरत है। मजबूत संगठन के जरिए समाज से जुड़े मुद्दों को प्रभावी ढंग से उठाया जा सकता है। प्रदेश महामंत्री अरविंद गुप्ता ने कहा कि समाज की तरक्की के लिए शिक्षा, अच्छे संस्कार और युवाओं की सक्रिय भागीदारी जरूरी है। मेधावी छात्र-छात्राओं को प्रोत्साहित करने के साथ युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ने तथा जरूरतमंद परिवारों की मदद के लिए सामूहिक प्रयास किए जाने चाहिए। जिले में परिवारों को एक मंच पर लाने की तैयारी जिला अध्यक्ष संतोष मोहन गुप्ता ने कहा कि जिला स्तर पर समाज के परिवारों को एक मंच पर लाया जाएगा। उनकी समस्याओं को समझकर समाधान की दिशा में प्रयास किए जाएंगे। सामाजिक और रचनात्मक कार्यक्रमों को भी बढ़ावा दिया जाएगा। संरक्षक राजीव गुप्ता ने कहा कि वरिष्ठों के अनुभव और युवाओं की ऊर्जा को साथ लेकर समाज को मजबूत किया जा सकता है। नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति, परंपराओं और सामाजिक जिम्मेदारियों से जोड़ना समय की जरूरत है। इस बैठक में शिक्षा को बढ़ावा देने, मेधावी बच्चों को प्रोत्साहित करने, जरूरतमंदों की सहायता, सामाजिक बुराइयों को दूर करने और महासभा के विस्तार पर भी चर्चा हुई। इस दौरान डॉ. संजीव गुप्ता, एडवोकेट संजीव गुप्ता, अवधेश गुप्ता, नरेश पाल गुप्ता, विनय गुप्ता, केएल गुप्ता, वेद भानु आर्य, देवेंद्र गुप्ता, मनोज गुप्ता, दीपक गुप्ता, विनोद कुमार गुप्ता, रजत कुमार गुप्ता, अंश गुप्ता, डॉ. सुशील गुप्ता, मनीष गुप्ता, मुकेश गुप्ता, अनिल गुप्ता, केबी गुप्ता, शशिकांत गुप्ता, अमित कुमार गुप्ता, राम कुमार गुप्ता, अमित महाजन, जितेंद्र महाजन, मयंक गुप्ता, डॉ. वैभव गुप्ता और डॉ. कौशल गुप्ता समेत कई लोग मौजूद रहे।
वाराणसी के लाल बहादुर शास्त्री अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर सोमवार को पायलट ने फ्लाइट उड़ाने से इनकार कर दिया। पायलट ने कान में दर्द और तबियत खराब होने की बात कहते हुए विमान पर जाने से मना कर दिया। विमान में सवार होने के बाद यात्रियों को पता चला कि पायलट ने अचानक प्लेन उड़ाने से इनकार कर दिया। बोर्डिंग प्रक्रिया पूरी कर चुके 178 यात्री जब विमान में सवार हो गए, तब उन्हें पायलट की तबीयत खराब होने की खबर मिली। उसके बाद हड़कंप मच गया, इसके बाद गुस्साए यात्रियों ने हंगामा शुरू कर दिया। एयरपोर्ट एथॉरिटी ने यात्रियों को समझाने का प्रयास किया और उन्हें अगले विमान से भेजने की बात कही। जिसके बाद यात्री शांत हुए। 11:55 बजे जाने वाला था विमानजानकारी के अनुसार इंडिगो एयरलाइन्स की उड़ान संख्या 6E 6559 को सुबह 11:55 बजे वाराणसी से बंगलुरु के लिए रवाना होना था। सुरक्षा जांच और बोर्डिंग पास की औपचारिकताएं पूरी होने के बाद सभी 178 यात्री विमान में बैठ चुके थे। इसी बीच पायलट ने कान में अचानक तेज दर्द होने की बात कहते हुए उड़ान भरने से साफ मना कर दिया। अचानक मिली इस सूचना से यात्रियों का सब्र टूट गया और उन्होंने एयरलाइन्स प्रशासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। स्थिति बिगड़ते देख एयरपोर्ट सुरक्षा में तैनात सीआईएसएफ की क्यूआरटी टीम और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने काफी मशक्कत के बाद यात्रियों को समझा-बुझाकर शांत कराया और सभी को विमान से उतारकर (डी-बोर्ड) टर्मिनल भवन में बैठाया। 5 बजे तक उड़ान भरने की बातसही समय पर गंतव्य तक न पहुंच पाने के कारण यात्रियों की एयरलाइन्स कर्मियों के साथ तीखी नोक-झोंक भी हुई। मामला बढ़ता देख एयरलाइन्स प्रबंधन ने वैकल्पिक व्यवस्था शुरू की। दिल्ली से आ रही दूसरी फ्लाइट के जरिए पायलट को वाराणसी बुलाया गया है। ताजा जानकारी के मुताबिक विमान को शाम 5 बजे बंगलुरु के लिए प्रस्थान होने की बात कही जा रही है। एक सप्ताह में दूसरी घटनाबाबतपुर एयरपोर्ट पर इंडिगो एयरलाइन्स के साथ इस महीने यह दूसरी घटना है। इससे पहले बीते गुरुवार को भी मुंबई जाने वाले इंडिगो के विमान के पायलट ने अचानक तबीयत बिगड़ने का हवाला देकर उड़ान भरने से मना कर दिया था। उस समय भी हैदराबाद से आए दूसरे पायलट के चार्ज संभालने के बाद लगभग 4 घंटे की देरी से विमान मुंबई के लिए रवाना हो सका था। बार-बार हो रही इस समस्या से यात्रियों में भारी नाराजगी है। पायलट-क्रू के आराम के लिए नियम क्या है? जानिए- ---------------------- ये खबर भी पढ़िए… यूपी पुलिस विभाग सिपाहियों से 8 लाख जमा करवा रहा:परीक्षा देकर दरोगा बने; विभाग की शर्त- ट्रेनिंग-सैलरी का खर्च लौटाना होगा यूपी में पुलिस विभाग के करीब 1700 जवान सिपाही की नौकरी छोड़ना चाहते हैं। इनका सिलेक्शन दरोगा, कंप्यूटर ऑपरेटर के अलावा अन्य भर्तियों में हो चुका है। इनमें से 75% अभ्यर्थियों का सिलेक्शन तो दरोगा के पद पर ही हुआ है। अब पुलिस विभाग इन्हें रिलीविंग लेटर नहीं दे रहा। पूरी खबर पढ़िए…
उदयपुर में आज सुबह से ही रिमझिम बारिश का दौर जारी है। सुबह रिमझिम बारिश के बाद मौसम सुहावना हो गया। इसके बाद दोपहर को कुछ समय के लिए अचानक मौसम साफ हुआ और धूप निकल आई। फिर वापस अचानक बादल छाए और बिजली गरजने के साथ बारिश शुरू हो गई। तब से लगातार रुक-रुक बारिश का क्रम जारी है। तापमान में गिरावट आने से लोगों को गर्मी से भी राहत मिली है। लंबे समय बाद बीते दो दिन से उदयपुर में बारिश हो रही है जिससे झीलें और बांध भरने की उम्मीद जगी है। मौसम वैज्ञानिकों ने अगले दो दिनों तक बारिश की संभावना जताई है।
नहाने गई बच्ची गोपद नदी में डूबी:सिंगरौली में SDRF और ग्रामीणों के साथ पुलिस कर रही तलाश
सिंगरौली जिले के जियावन थाना क्षेत्र में सोमवार दोपहर गोपद नदी में नहाते समय एक 11 साल की बच्ची लापता हो गई। यह घटना कुंदवार चौकी क्षेत्र के भर्रा गांव की है। बच्ची की पहचान हर्रा गांव की रहने वाली सुशीला (11 साल) के तौर पर हुई है, जो रामलाल सिंह की बेटी है। जानकारी के अनुसार, सुशीला सोमवार दोपहर गाय चराने गई थी। दोपहर करीब 1 से 2 बजे के बीच वह गोपद नदी में नहाने लगी और इसी दौरान उसके पानी में डूबने की आशंका है। बच्ची के अचानक लापता होने के बाद परिवार और ग्रामीणों ने उसकी तलाश शुरू की। सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। पुलिस कर रही तलाश जियावन थाना प्रभारी राजेश मिश्रा ने बताया कि घटना की सूचना दोपहर करीब 2 बजे थाने में मिली थी। पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची और बच्ची की तलाश शुरू करवाई। परिवार और आसपास के लोगों को आशंका है कि बच्ची नदी में बह गई है। थाना प्रभारी के मुताबिक, SDRF की टीम भी मौके पर पहुंच गई है और सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया गया है। पुलिस और बड़ी संख्या में ग्रामीण नदी में बच्ची की तलाश कर रहे हैं। अभी तक बच्ची का कोई पता नहीं चल पाया है। थाना प्रभारी ने बारिश के मौसम को देखते हुए अभिभावकों से बच्चों की सुरक्षा को लेकर खास सावधानी बरतने की अपील की है। उन्होंने कहा कि जिन इलाकों में नदी और नाले हैं, वहां बच्चों को अकेला नहीं छोड़ना चाहिए।
देवरिया में गर्भवती महिला से मारपीट:बंटवारे के विवाद में हुई मौत; 6 नामजद समेत 10 पर FIR
देवरिया जिले के गौरीबाजार थाना क्षेत्र के बर्दगोनिया गांव में जमीन के बंटवारे को लेकर हुए विवाद में एक गर्भवती महिला की मौत हो गई। महिला को इलाज के लिए गोरखपुर ले जाया जा रहा था, तभी सोमवार दोपहर करीब 2 बजे रास्ते में उसकी जान चली गई। महिला के परिवार की शिकायत पर पुलिस ने ससुर-सास समेत 6 नामजद और 4 अज्ञात लोगों के खिलाफ रविवार की रात में ही हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज किया था। पुलिस ने बताया कि महिला की मौत के बाद मुकदमे में हत्या की धारा जोड़ी जाएगी। पुलिस के अनुसार, भगुसरी में मकान बनाकर रह रही जगवंती देवी, जो गोविंद निषाद की पत्नी हैं, का अपने ससुर सुरेंद्र निषाद से हिस्सेदारी को लेकर विवाद था। उनके पति गोविंद दुबई में रहते हैं। आरोप है कि 12 सितंबर की शाम जगवंती अपने भतीजे के साथ बर्दगोनिया गांव में अपने घर पहुंची थीं। वहां सुरेंद्र निषाद, देवान्ती देवी, आंचल और अमित समेत कुछ अन्य लोगों ने उनके साथ मारपीट की। बीच-बचाव करते समय महिला के पेट पर भी चोट लगने की बात कही गई है। परिवार का आरोप है कि इस घटना के बाद शिकायत करने जाते समय प्रधान के बेटे गोलू और जग्गू ने समझौता कराने के लिए महिला को बुलाया। वहां चार अज्ञात लोगों के साथ दोबारा मारपीट की गई और उनका मोबाइल भी छीन लिया गया। 13 सितंबर को जगवंती की तबीयत खराब होने पर परिवार उन्हें देवरिया मेडिकल कॉलेज ले गया। हालत गंभीर होने पर डॉक्टरों ने उन्हें गोरखपुर के बीआरडी मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। सोमवार को जब उन्हें गोरखपुर ले जाया जा रहा था, तो रास्ते में उनकी मौत हो गई। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। थानाध्यक्ष मृत्युंजय राय ने जानकारी दी कि मारपीट में घायल महिला की इलाज के दौरान मौत हुई है। 12 सितंबर की घटना में केस दर्ज है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और बाकी सबूतों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। मौत के बाद केस में हत्या की धारा जोड़ी जाएगी।
पति-पत्नी हारे, समधी- समधन जीते:जानिए अलवर नगर निगम के 65 वार्डों के नतीजे, कौन कितने वोट से जीता
अलवर नगर निगम के सभी 65 वार्डों के चुनाव परिणाम सामने आ चुके हैं। जिसमें 28 पार्षद बीजेपी के जीते हैं। वहीं 23 पार्षद कांग्रेस के बने हैं। निर्दलीय 13 जीते हैं। एक बसपा का पार्षद बना है। अब आप यह जान सकते हैं कि किस वार्ड में कौन प्रत्याशी कितने वोट से जीता और उसने किसे हराया है। निगम के वार्ड 49 से सबसे अधिक वोट से बीजेपी प्रत्याशी अजय पूनिया 1604 वोट से जीते हैं। वहीं सबसे कम वोट से वार्ड 17 से कांग्रेस प्रत्याशी सुरभि सैनी केवल 8 वोट से जीती है। जिसने बीजेपी के पदमचंद को हराया है। वहीं वार्ड 59 से कांग्रेस प्रत्याशी श्रद्धा खंडेलवाल केवल 12 वोट से जीती हैं। पति-पत्नी चुनाव हारे, समधी समधन जीते निगम के वार्ड 23 व 28 से बीजेपी के दोनों प्रत्याशी हारे हैं। दोनों पति-पत्नी हैं। 23 से बीजेपी की प्रत्याशी सुमन चौधरी और 28 से सुमन के पति सीताराम चौधरी हैं। दोनों पहले पार्षद रह चुके हैं। लेकिन इस बार दोनों हार गए। वहीं वार्ड 38 से श्याम सुंदर यादव व वार्ड 61 सुनीता देवी दोनों बीजेपी के प्रत्याशी जीते हैं। दोनों समधी समधन हैं। परिणाम आने के बाद दोनों के कार्यालय पर खूब जश्न हुआ है।
देहरादून में जमीन बेचने के नाम पर 4.60 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी करने वाले कुंवर जावेद राव को आर्थिक अपराध शाखा ने हरिद्वार के लक्सर से गिरफ्तार किया है।
सीवान के जीबी नगर में मेला देखने बुलाकर युवक की चाकू से हत्या, घर के पास फेंका शव
14 सितंबर, सोमवार, सीवान: जीबी नगर तरवारा थाना क्षेत्र में एक युवक को मेला देखने के बहाने बुलाकर चाकू से हत्या करने का मामला सामने आया है। हत्या के बाद शव घर के पास फेंक दिया गया। पुलिस मामले की जांच कर रही है और शव का पोस्टमार्टम सदर अस्पताल में कराया गया।
मऊ जिले में गणेश चतुर्थी पर धार्मिक आयोजन की पुरानी परंपरा आज भी श्रद्धा और उत्साह के साथ जारी है। शहर के राजगद्दी मैदान स्थित श्री बाबा बिहारीदास मंदिर में साल 1956 से गणेश चतुर्थी पर श्री गणेश पूजन समारोह समिति गणेश पूजा आयोजित कर रही है। इस साल यहां गणेश पूजा का 70वां आयोजन हो रहा है। समारोह समिति के अध्यक्ष दीपक जोहरी की देखरेख में तैयारियां की गई हैं। मंदिर के मुख्य पुजारी राजेश कुमार उपाध्याय ने सोमवार शाम करीब 5 बजे बताया कि श्री बाबा बिहारीदास मंदिर बहुत पुराना है और आस्था का बड़ा केंद्र है। गणेश चतुर्थी के मौके पर मंदिर परिसर में पूरे विधि-विधान से भगवान गणेश की मूर्ति स्थापित कर पूजा की जाती है। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर पहुंचकर भगवान गणेश के दर्शन और पूजा करते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि मऊ में गणेश चतुर्थी पर मूर्ति स्थापित कर सार्वजनिक रूप से गणेश पूजा की परंपरा सबसे पहले इसी मंदिर से शुरू हुई थी। इसके बाद धीरे-धीरे यह परंपरा पूरे जिले में फैलती गई। अब मऊ के अलग-अलग इलाकों में गणेश चतुर्थी पर जगह-जगह पूजा और धार्मिक कार्यक्रम होते हैं। गणेश पूजा के साथ मंदिर परिसर में डांडिया कार्यक्रम भी आयोजन का खास आकर्षण है। इस साल 23 और 24 सितंबर को डांडिया कार्यक्रम होगा। इस कार्यक्रम को लेकर युवाओं और स्थानीय लोगों में काफी उत्साह है। श्री गणेश पूजन समारोह समिति आयोजन को शानदार बनाने के लिए तैयारियां कर रही है। 70वें आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह है और मंदिर परिसर में गणेशोत्सव का धार्मिक माहौल बन रहा है।
डिंडौरी में सोमवार से दस दिवसीय गणेश उत्सव शुरू हो रहा है। लोग दुकानों से भगवान श्री गणेश की प्रतिमाएं अपने घरों और पंडालों में ले जा रहे हैं। सार्वजनिक पंडाल भी सजाए जा रहे हैं। सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस भी अपनी तैयारी कर रही है। उत्सव शुरू होने से एक दिन पहले सार्वजनिक समितियों की बैठक बुलाई गई थी। इसमें सभी सदस्यों को जरूरी निर्देश दिए गए हैं। यहां विराजेंगी प्रतिमाएं सिटी कोतवाली निरीक्षक दुर्गा प्रसाद नगपुरे ने बताया कि शहर में कुल 21 सार्वजनिक पंडालों में श्री गणेश की प्रतिमाएं स्थापित होंगी। इनमें मंडला बस स्टैंड, बजरंग चौक, शांति नगर, उत्कृष्ट विद्यालय मैदान के सामने, कृष्णा चौक, गणेश चौक सुबखार, इमली कुटी, सुबखार नाका, वार्ड नंबर 01, रहली मोहल्ला, चंद विजय कॉलेज, मेकल सुता कॉलेज, हंस नगर, राधा कृष्ण मंदिर, नर्मदगंज, सिटी कोतवाली के सामने और अवंती बाई चौक शामिल हैं। समितियों को प्रशासन की ओर से निर्देश समितियों को निर्देश दिए गए हैं कि पंडाल में रात के समय कम से कम दो सदस्य मौजूद रहें। पीओपी (प्लास्टर ऑफ पेरिस) की मूर्तियां न रखी जाएं। बिजली कनेक्शन नियमों के अनुसार ही हों। इसके अलावा, ट्रैफिक जाम की स्थिति न बने। पंडाल के बगल में या सामने मीट की दुकान न लगे। डीजे बजाने के लिए अनुमति लेना जरूरी है और साउंड 60 डेसिबल से ज्यादा न हो। अश्लील या आपत्तिजनक गाने न बजाए जाएं। प्रतिमा का विसर्जन नगर पालिका द्वारा बनाए गए निर्धारित कुंड में ही करें। किसी भी समस्या की स्थिति में तुरंत पुलिस को सूचना देने को कहा गया है।
झांसी में बीए एलएलबी स्टूडेंट की लाश घर से लगभग 5 किलोमीटर दूर मिली है। वह रविवार रात को घर से रैपिडो बुक करके निकला था। पिता ने फोन लगाया तो रिसीव नहीं हुआ। देर रात 12 बजे पुलिस ने मेडिकल कॉलेज पहुंचाया। जहां परिजनों को छात्र की लाश मिली। सोमवार दोपहर लगभग 2:30 बजे पुलिस पंचनामा भरने पहुंची। जब शव का परीक्षण किया तो पैर पर दांतों से काटने के 6 निशान मिले। इसके अलावा सिर में भी गंभीर चोट मिली। बड़े भाई का आरोप है कि छात्र की हत्या की गई है। उसे बेरहमी से पीटकर मारा गया है। फिलहाल पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। छात्र रात को किस दोस्त के पास गया था, अब उस दोस्त की तलाश की जा रही है। पूरा मामला प्रेमनगर थाना क्षेत्र के नगरा हाट मैदान का है। दोस्त से मिलने निकला था मृतक का नाम परवेज अली (21) पुत्र एहसान हैदरी था। वह प्रेमनगर थाना क्षेत्र के नहर रोड पर विजय नगर का रहने वाला था। पिता एहसान हैदरी रेलवे में सीनियर सेक्शन इंजीनियर के पद से रिटायर्ड हैं। दो भाइयों में परवेज छोटा था। बड़ा भाई का नाम दानिश अली है। पिता एहसान हैदरी ने बताया- मेरा छोटा बेटा परवेज अली बुंदेलखंड यूनिवर्सिटी में बीए एलएलबी फाइनल ईयर में पढ़ रहा था। रविवार रात को वह घर पर था। रात लगभग 9:30 बजे वह घर से रैपिडो बुक करके निकला था। कहकर गया था कि दोस्त के पास जा रहा हूं, एक घंटे में घर लौट आऊंगा। पिता का कॉल नहीं उठाया पिता ने आगे बताया- बेटा परवेज एक घंटे में लौटकर नहीं आया तो कॉल लगाया। मगर उसने कॉल रिसीव नहीं की। इससे चिंता होने लगी। देर रात लगभग 12 बजे पुलिस का कॉल लगाया। पुलिस ने बताया कि परवेज की तबीयत खराब है, मेडिकल कॉलेज आ जाओ। थोड़ी देर बाद हम लोग मेडिकल कॉलेज पहुंचे। जहां पर परवेज की लाश मिली। सिर में गंभीर चोट लगी थी। पहले ये लग रहा था कि एक्सीडेंट में चोट लगने से मौत हुई है। काटने के निशान से गहराया शक सोमवार दोपहर लगभग 2:30 बजे दरोगा पंचनामा भरकर के लिए मोर्चरी पहुंचे। जब दरोगा ने परिजनों के साथ शव का परीक्षण किया तो परवेज के दाहिए पैर की जांघ के पीछे दांतों से कांटने के करीब 6 निशान मिले। इसके अलावा अन्य चोट भी मिली। मृतक के बड़े भाई दानिश अली और मामा वसीम का आरोप है- पैर में किसी इंसान के दांतों से काटने के निशान बने है। जिस जगह दांतों से काटने के निशान बने हैं, वो खुद से नहीं काट सकता। सिर में भी धारदार हथियार से मारने की गंभीर चोट है। परवेज की हत्या की गई है। अब पुलिस जांच करके पूरे मामले का खुलासा करे।
जालौन में पुलिस ने अवैध वसूली के दो मामलों में फरार चल रहे 25 हजार रुपये के इनामी बदमाश को गिरफ्तार किया है। कालपी कोतवाली पुलिस ने यह कार्रवाई की। आरोपी के पास से पीली धातु की एक बाली भी मिली है। गिरफ्तारी के बाद उसे कोर्ट में पेश किया गया, जहां से जेल भेज दिया गया। कालपी सीओ राजेश कुमार ने बताया कि जिले में फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अभियान चलाया जा रहा है। इसी के तहत सोमवार, 14 सितंबर 2026 को कालपी कोतवाली पुलिस टीम को यह सफलता मिली। उन्होंने बताया कि कालपी कोतवाली में दर्ज मुकदमा नंबर 136/2026 (धारा 308(5), 112, 317(2) बीएनएस) और मुकदमा नंबर 138/2026 (धारा 308(5), 112 बीएनएस) में साहिल पुत्र रियाज वांछित था। साहिल की उम्र करीब 22 साल है और वह मोहल्ला रामचबूतरा, थाना कालपी, जनपद जालौन का रहने वाला है। उसकी गिरफ्तारी पर पुलिस ने 25 हजार रुपये का इनाम रखा था। पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए आरोपी साहिल को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से पीली धातु की एक बाली मिली। पुलिस ने बरामद बाली को अपने कब्जे में लेकर आरोपी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई पूरी की। पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी साहिल के खिलाफ कालपी कोतवाली में जबरन वसूली से जुड़े दोनों मुकदमे दर्ज हैं। उसे कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया। इस कार्रवाई में कालपी कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक और उनकी पुलिस टीम शामिल रही। पुलिस का कहना है कि अपराधियों के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।
प्रयागराज में सोशल मीडिया पर वीडियो के जरिए ब्राह्मण समाज के खिलाफ अभद्र और आपत्तिजनक टिप्पणी करने के मामले में अतरसुइया थाने में एफआईआर दर्ज हुई है। हाईकोर्ट के अधिवक्ता पं. वरुण त्रिपाठी की तहरीर पर पुलिस ने भाजपा मंडल अध्यक्ष के भाई शिवाकांत वर्मा के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि आरोपी का एक वीडियो फेसबुक समेत सोशल मीडिया के अन्य प्लेटफॉर्म पर प्रसारित हो रहा है, जिसमें ब्राह्मण समाज के लिए बेहद आपत्तिजनक और अशोभनीय भाषा का इस्तेमाल किया गया है। 13 सितंबर को सोशल मीडिया के जरिए मिला वीडियोअधिवक्ता वरुण त्रिपाठी ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि 13 सितंबर को उन्हें फेसबुक के माध्यम से एक वीडियो मिला। इसमें शिवाकांत वर्मा नामक व्यक्ति द्वारा संपूर्ण ब्राह्मण समाज के प्रति कथित तौर पर अभद्र, अशोभनीय और आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग किया गया है। गाली-गलौज और अपमानजनक टिप्पणियां भी की गईं। समाज के लोगों की भावनाएं आहत हुईंतहरीर में कहा गया है कि वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के कारण बड़ी संख्या में लोगों तक पहुंच रहा है। इससे ब्राह्मण समाज के लोगों की भावनाएं आहत हुई हैं। शिकायत में यह भी उल्लेख किया गया है कि शिवाकांत वर्मा, मुट्ठीगंज मंडल के भाजपा मंडल अध्यक्ष परमानंद वर्मा के भाई हैं। आरोप लगाया कि राजनीतिक प्रभाव से जुड़े होने के कारण आरोपी स्वयं को प्रभावशाली समझकर सार्वजनिक रूप से इस तरह की भाषा का इस्तेमाल कर रहा है। इससे सामाजिक सौहार्द प्रभावित होने की आशंका है।अतरसुइया पुलिस ने तहरीर के आधार पर एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। अतरसुइया एसएचओ विवेक राय ने बताया कि वीडियो की जांच कराई जाएगी।
हापुड़ में थाने बाबूगढ़ इलाके के छपकोली गांव में रविवार देर रात एक महिला की संदिग्ध हालत में मौत हो गई। महिला की बहन ने आरोप लगाया है कि उसके पति ने जहर देकर उसकी हत्या की है। सूचना मिलने पर पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और मामले की जांच की। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मौत की सही वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही साफ हो पाएगी। पुलिस के मुताबिक, रविवार रात करीब एक बजे गाजियाबाद निवासी ऊषा पत्नी अमित ने पुलिस को सूचना दी। उन्होंने बताया कि छपकोली गांव में रहने वाली उनकी बहन लक्ष्मी पत्नी जोगेंद्र की मौत उनके पति द्वारा जहर देने से हुई है। इस सूचना पर हल्का प्रभारी दिनेश चंद गौतम पुलिस टीम और फोरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंचे। शरीर पर नहीं मिले चोट के निशान जांच के दौरान मृतका लक्ष्मी के शव के पास उनके पति जोगेंद्र, 16 साल का बेटा गौरव, 12 साल की बेटी पायल और मोहल्ले के कुछ लोग मौजूद थे। परिजनों और स्थानीय लोगों ने पुलिस को बताया कि लक्ष्मी काफी समय से बीमार चल रही थीं। उन्हें सीने में दर्द की शिकायत रहती थी। करीब दो महीने पहले बीमारी के चलते उन्हें रामा अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां उनका इलाज हुआ था। परिजनों ने यह भी बताया कि रविवार सुबह बेलदारी के काम पर जाने से पहले लक्ष्मी ने परिवार के सदस्यों और साथ काम करने वाली महिला के सीने में दर्द की शिकायत की थी। इसके बाद रात करीब एक बजे अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई और उनकी मौत हो गई। कोतवाली प्रभारी प्रवीण कुमार के अनुसार, मृतका के शरीर पर कोई बाहरी चोट के निशान नहीं मिले हैं। साथ ही, शव के आसपास से भी कोई जहरीला पदार्थ या अन्य संदिग्ध चीज नहीं मिली है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बेगमपुल मेट्रो स्टेशन के पास स्थित देश के दूसरे प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की प्रतिमा की स्थिति को लेकर आरटीआई एक्टिविस्ट संदीप पहल ने सवाल उठाए हैं। उन्होंने प्रतिमा के आसपास गंदगी, टूट-फूट और रखरखाव की कमी का मुद्दा उठाया। उनका कहना है कि ईमानदारी और सादगी के लिए देश के लोगों के दिलों में जगह बनाने वाले शास्त्री जी की प्रतिमा की ऐसी स्थिति चिंताजनक है। संदीप पहल ने कहा कि प्रतिमा के आसपास साफ-सफाई का ध्यान नहीं रखा जा रहा है। प्रतिमा से जुड़े हिस्सों में टूट-फूट दिखाई दे रही है। वहीं, शास्त्री जी के बारे में जानकारी देने के लिए लगाए गए बोर्ड पर लिखे कई शब्द भी मिट चुके हैं, जिससे बोर्ड की जानकारी ठीक से पढ़ना मुश्किल हो गया है। उन्होंने कहा कि देश के पूर्व प्रधानमंत्री की प्रतिमा के रखरखाव में इस तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कैंटोनमेंट बोर्ड और रैपिड रेल से प्रतिमा और उसके आसपास के क्षेत्र की स्थिति सुधारने की मांग की। साथ ही जिला प्रशासन और नगर निगम से भी मामले का संज्ञान लेकर सफाई, मरम्मत और बोर्ड को दुरुस्त कराने की अपील की। संदीप पहल ने कहा कि सार्वजनिक स्थानों पर लगी महापुरुषों की प्रतिमाएं शहर की पहचान का हिस्सा हैं, इसलिए उनके रखरखाव की जिम्मेदारी संबंधित विभागों को गंभीरता से निभानी चाहिए।
आगर-मालवा में सोमवार को सुबह से रुक-रुककर बारिश होती रही। दोपहर में कुछ देर हुई तेज बारिश से शहर और ग्रामीण इलाके तरबतर हो गए। बारिश के बाद मौसम सुहाना हो गया। लगातार बारिश से खेतों में खड़ी सोयाबीन, मक्का, मूंगफली, ज्वार, बाजरा, उड़द, अरहर और मूंग की फसलों को भी फायदा मिला है। वहीं डैम, तलाबाों और कुओं में पानी बढ़ने से आने वाली फसल के लिए सिंचाई की चिंता भी कम हुई है। सोमवार को जिले में कुल 4.65 इंच बारिश दर्ज की गई। तहसीलवार देखें तो आगर में 0.83 इंच, बड़ौद में 0.35 इंच, नलखेड़ा में 1.30 इंच, सोयतकलां में 1.54 इंच और सुसनेर में 0.63 इंच बारिश हुई। सबसे ज्यादा बारिश सोयतकलां में 1.54 इंच दर्ज की गई। कहां कितना पानी गिरा? 1 जून 2026 से 14 सितंबर तक जिले में कुल 185.48 इंच बारिश हुई है। जिले की औसत बारिश 37.10 इंच है। तहसीलवार अब तक आगर में 39.69 इंच, बड़ौद में 26.10 इंच, नलखेड़ा में 43.15 इंच, सोयतकलां में 41.26 इंच और सुसनेर में 35.28 इंच बारिश दर्ज हो चुकी है। कुंडालिया बांध में बढ़ा पानी इधर, लगातार बारिश के कारण कुंडालिया बांध अपने तय जलस्तर तक पहुंच गया है। फिलहाल बांध के तीन गेट एक मीटर तक खोलकर पानी निकाला जा रहा है। अधिकारी अर्पित सक्सेना ने बताया कि पानी की आवक बढ़ने पर जरूरत के हिसाब से बांध के और गेट खोले जा सकते हैं। बांध से पानी निकाले जाने को देखते हुए निचले इलाकों और नदी-नालों के पास रहने वाले लोगों से सतर्क रहने को कहा गया है। गोठड़ा, लसुल्डीया, पचलाना सहित कालीसिंध नदी के किनारे बसे अन्य गांवों में अलर्ट जारी किया गया है।

