कोरबा जिले के कटघोरा वन मंडल के केंदई रेंज में बकरियों के झुंड के साथ एक कोटरी का बच्चा गांव पहुंच गया। ग्रामीणों की सूचना पर वन विभाग ने उसे सुरक्षित रेस्क्यू कर वापस जंगल में छोड़ दिया, जहां वह अपने झुंड से मिल गया। यह घटना ग्राम भूलसीभवना की है। ग्रामीण अपनी बकरियों को चराने जंगल गए थे। लौटते समय बकरियों के झुंड के साथ कोटरी का बच्चा भी अनजाने में गांव तक आ गया। शुरुआत में किसी ने ध्यान नहीं दिया।जब बकरियां घर के अंदर जाने लगीं, तब ग्रामीणों ने कोटरी के बच्चे को अलग देखा। इसके बाद उन्होंने तत्काल वन विभाग को इसकी सूचना दी। रेंजर अभिषेक दुबे ने बताया कि कोटरी के बच्चे को सुरक्षित जंगल में छोड़ दिया गया है। वह अपनी मां और झुंड के साथ चला गया है। गांव से लगे जंगल में कोटरी के अलावा अन्य जंगली जीव-जंतु भी रहते हैं, जो अक्सर पानी और भोजन की तलाश में गर्मी के दिनों में गांव के पास आ जाते हैं। लीमपानी में जंगली सुअर का अवैध शिकार पकड़ा 22 जनवरी को ग्राम लीमपानी (भदरापारा), ग्राम पंचायत बारीउमराव में जंगली सुअर के अवैध शिकार का मामला सामने आया। वन विभाग को सूचना मिली कि इन्द्रपाल, पिता रामप्रसाद धनवार ने जंगली सुअर का शिकार किया है। तलाशी और सबूत जब्त सूचना के आधार पर ग्राम लीमपानी (भदरापारा) में इन्द्रपाल के घर पर गांव के पंचों की मौजूदगी में वन विभाग की टीम ने तलाशी ली। तलाशी के दौरान टीम ने 5 किलोग्राम कच्चा जंगली सुअर का मांस, 2 पुराने जबड़े, 3 पैर, 2 कुल्हाड़ी, 1 परसुल, 2 हंसिया, 4 बंडल सेट्रिंग तार और सुअर काटने के लिए इस्तेमाल किया गया लकड़ी का गुटका जब्त किया। वन विभाग की कार्रवाई वन विभाग ने अवैध शिकार को गंभीर अपराध मानते हुए आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी।
मनेंद्रगढ़ के डॉ. आरएनएस शिक्षा महाविद्यालय के बीएड छात्राध्यापक और छात्राध्यापिकाएं ग्राम छिपछिपी का शैक्षणिक भ्रमण किया। इस दौरान उन्हें क्षेत्र की ऐतिहासिक और पुरातात्विक विरासत से प्रत्यक्ष परिचय मिला। पुरातत्व और पर्यटन विभाग के नोडल अधिकारी डॉ. विनोद कुमार पाण्डेय ने प्राचीन पुरातात्विक मूर्तियों और ऐतिहासिक अवशेषों की जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों को मूर्तियों की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि, उनके संरक्षण का महत्व और क्षेत्रीय संस्कृति में योगदान सरल और रोचक ढंग से समझाया। छात्रों ने उत्साहपूर्वक प्रश्न पूछे और प्रत्यक्ष अध्ययन के माध्यम से ज्ञान अर्जित किया। डॉ. पाण्डेय ने बताया कि ऐसे स्थल हमारे गौरवशाली अतीत के साक्ष्य हैं और भावी पीढ़ी को इतिहास और संस्कृति से जोड़ने का माध्यम हैं। महाविद्यालय स्टाफ की उपस्थिति भ्रमण में महाविद्यालय के अध्यक्ष राजेश शर्मा, उपाध्यक्ष अनिता शर्मा, प्राचार्य सहित समस्त सहायक प्राध्यापक और स्टाफ उपस्थित रहे। भ्रमण में बीएड प्रथम और चतुर्थ सेमेस्टर के सभी छात्राध्यापक और छात्राध्यापिकाएं शामिल हुए। वनभोज कार्यक्रम से बढ़ी टीम भावना शैक्षणिक गतिविधियों के साथ वनभोज कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिससे विद्यार्थियों में आपसी समन्वय, सहयोग और सौहार्द की भावना विकसित हुई।
दमोह के तहसील ग्राउंड में बुंदेली गौरव न्यास की ओर से आयोजित 'बुंदेली दमोह महोत्सव' जारी है। 16 जनवरी से शुरू हुआ यह महोत्सव 1 फरवरी तक चलेगा। इसमें प्रतिदिन सुबह खेल प्रतियोगिताएं और शाम को सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, जिन्हें देखने रोजाना हजारों दर्शक पहुंच रहे हैं। सांस्कृतिक प्रस्तुति: 'नृत्यश्री' में सजी शाम महोत्सव के तहत मंगलवार रात 'नृत्यश्री' कार्यक्रम आयोजित हुआ। इसमें विभिन्न क्षेत्रों से आए कलाकारों ने पारंपरिक और सांस्कृतिक नृत्यों की शानदार प्रस्तुतियां दीं। इस दौरान नागरिक सम्मान समारोह भी आयोजित किया गया, जिसमें समाज के विभिन्न वर्गों का सम्मान हुआ। मैदान पर बुंदेली खेल और उत्साह दोपहर के सत्र में पारंपरिक खेलों का आयोजन किया गया। हॉकी फीडर सेंटर दमोह के 60 बालक-बालिकाओं (राष्ट्रीय एवं राज्य स्तरीय खिलाड़ी) ने रस्साकशी और बोरा दौड़ जैसे खेलों में हिस्सा लिया। सभी प्रतिभागी खिलाड़ियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। अन्य प्रतियोगिताएं और सम्मान महोत्सव में 'फायर लेस कुकिंग' (बिना आग के खाना बनाना) प्रतियोगिता भी आकर्षण का केंद्र रही। साथ ही 'कौन है दमदार नारी', 'गौरव महान पुरुष' और पेंटिंग प्रतियोगिता के विजेताओं को पुरस्कार वितरित किए गए। पूरे आयोजन के दौरान स्थानीय कला और बुंदेली गौरव को बढ़ावा देने पर जोर दिया जा रहा है।
गोंडा में साइबर अपराधियों ने एक जमीन कारोबारी से निवेश के नाम पर 96 लाख 64 हजार रुपए की ठगी कर ली। यह धोखाधड़ी वर्ष 2021 से अब तक अलग-अलग चरणों में की गई। मामले में नवाबगंज थाना क्षेत्र के अशोकपुर निवासी सुरेंद्र कुमार ने साइबर थाना गोंडा में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। पीड़ित सुरेंद्र कुमार, जो लखनऊ और बाराबंकी में प्रॉपर्टी का कारोबार करते हैं, ने बताया कि उनकी मुलाकात प्रयागराज निवासी नीरज सिंह और मोहम्मद अख्तर से हुई थी। आरोपियों ने उन्हें ट्रेडिंग में निवेश पर हर महीने 15 प्रतिशत निश्चित मुनाफा और जरूरत पड़ने पर मूलधन वापस करने का लालच दिया। कंपनियों के खातों का उपयोग आरोपियों के झांसे में आकर सुरेंद्र कुमार ने अगस्त और सितंबर 2021 के बीच अलग-अलग बैंक खातों (HDFC, ICICI और INDUSIND) में 76 लाख 64 हजार रुपए ट्रांसफर कर दिए। रकम जमा कराने के लिए ठगों ने MVB Communication, Totemom Pvt Ltd और Stolex Pvt Ltd नामक कंपनियों के खातों का उपयोग किया। कुछ समय बाद पीड़ित को जानकारी मिली कि उसका पैसा भारत में अवैध फॉरेक्स ट्रेडिंग में लगाया जा रहा है। जब उन्होंने रकम वापस मांगी, तो आरोपियों ने डराया कि पैसा डूब सकता है, लेकिन यदि वे ‘Wealtheream’ (वेलथीरियम) नामक नए कॉइन में निवेश करें, तो पिछला नुकसान रिकवर हो जाएगा। पुराना पैसा निकालने की उम्मीद में पीड़ित ने 20 लाख रुपए नकद और दे दिए। जिससे कुल ठगी की रकम 96 लाख 64 हजार रुपए तक पहुंच गई। फर्जी ट्रेडिंग ऐप और वेबसाइट के जरिए लोगों से ठग पीड़ित के अनुसार, आरोपियों ने उन्हें weatherum.io, Octa और Exness.com जैसी वेबसाइटों और MT4 (MetaTrader-4) के लिंक उपलब्ध कराए, जहां स्क्रीन पर मुनाफे का फर्जी आंकड़ा दिखाया जाता था। अब आरोपियों ने अपने मोबाइल फोन बंद कर लिए हैं और संपर्क पूरी तरह तोड़ दिया है। पीड़ित को आशंका है कि यह एक संगठित साइबर गिरोह है, जो फर्जी ट्रेडिंग ऐप और वेबसाइट के जरिए लोगों को ठग रहा है। इस मामले में साइबर थाना गोंडा पुलिस ने नीरज सिंह और मोहम्मद अख्तर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। साइबर थाना प्रभारी सत्य प्रकाश यादव ने बताया कि बैंक ट्रांजेक्शन और तकनीकी साक्ष्यों की जांच की जा रही है और जल्द ही इस मामले में बड़ी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि अत्यधिक मुनाफे के लालच में किसी भी अनधिकृत ऐप, फॉरेक्स या क्रिप्टो स्कीम में निवेश न करें। ऐसी योजनाएं अक्सर साइबर फ्रॉड का हिस्सा होती हैं।
कौशांबी के मंझनपुर चौराहे पर मंगलवार रात तकरीबन 8 बजे राष्ट्रीय जन उद्योग व्यापार संगठन ने आयुष केशरवानी को श्रद्धांजलि दी। चित्रकूट के बरगढ़ में 13 वर्षीय आयुष की अपहरण के बाद हत्या कर दी गई थी। कपड़ा कारोबारी अशोक केसरवानी के बेटे आयुष का शव उसके घर के बगल के मकान में शौचालय के टैंक में मिला था। पुलिस ने इस मामले में एक आरोपी कल्लू उर्फ साहबे ईमान को मुठभेड़ में मार गिराया था, जबकि दूसरे आरोपी इरफान अंसारी के पैर में गोली लगी थी। आयुष की हत्या के बाद बरगढ़ कस्बे में दो दिनों तक बवाल हुआ था। आक्रोशित व्यापारियों ने हाईवे जाम कर दिया था और आरोपियों का सामान उनकी दुकानों व कमरों से निकालकर आग के हवाले कर दिया था। मंझनपुर में आयोजित श्रद्धांजलि सभा का नेतृत्व पंकज गामा ने किया। व्यापारियों ने मांग की कि इस जघन्य अपराध में शामिल सभी अपराधियों को कड़ी सजा मिले। उन्होंने पीड़ित परिवार को सुरक्षा और उचित मुआवजा देने की भी मांग की। इस अवसर पर नगर संरक्षक पंकज गामा, नगर प्रभारी आशीष उर्फ बच्चा चुना, नगर अध्यक्ष झल्लर चौरसिया, पप्पू चौधरी, रूपेंद्र विश्वकर्मा, दीपक वर्मा उर्फ प्रधान, अमरेश उर्फ कल्लू पंडा, उमेश केशरवानी, शैलेन्द्र खरे, सत्यम केशरवानी, अमित जयसवाल और अनुज केशरवानी सहित कई व्यापारी मौजूद रहे।
छतरपुर जिले के नौगांव तहसील परिसर में मंगलवार शाम भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 170 के तहत जमानत के लिए लाए गए तीन आरोपियों में से एक पुलिस हिरासत से फरार हो गया। यह घटना तहसीलदार रमेश कौल की अदालत में जमानत प्रक्रिया के दौरान हुई। जानकारी के अनुसार, अलीपुरा थाना क्षेत्र के ग्राम टीला में हुए आपसी विवाद के एक मामले में पुलिस ने करन पाल, शिवपाल यादव और बृजेंद्र यादव को गिरफ्तार किया था। मंगलवार शाम करीब 5:30 बजे इन तीनों आरोपियों को जमानत के लिए नौगांव तहसील न्यायालय में पेश किया गया था। तहसील कार्यालय में जमानत की कार्रवाई चल रही थी। दो आरोपियों के दस्तावेज पूरे हो चुके थे, जबकि तीसरा आरोपी पुलिस हिरासत में लघुशंका के लिए बाहर गया था। इसी बीच, नौगांव थाना पुलिस को सूचना मिली कि फरार हुआ आरोपी किसी अन्य मामले में भी वांछित है। यह जानकारी मिलते ही नौगांव थाना पुलिस तत्काल तहसील परिसर पहुंची। छोटे गेट से दौड़कर फरारनौगांव पुलिस को देखते ही आरोपी ने स्थिति का फायदा उठाया और तहसील परिसर के बाईं ओर स्थित एक छोटे गेट से दौड़कर फरार हो गया। अलीपुरा थाना पुलिस ने मुख्य द्वार से उसका पीछा किया, लेकिन आरोपी को पकड़ने में सफल नहीं हो सकी। देर रात तक फरार आरोपी पुलिस की गिरफ्त से बाहर था। सूत्रों के अनुसार, तहसीलदार के बाबू द्वारा जमानत की नोटशीट तैयार की जा रही थी। बताया गया कि एक नोटशीट पर कार्रवाई पूरी हो चुकी थी, जबकि दूसरी पर कार्रवाई पूरी होने से पहले ही आरोपी फरार हो गया। पहले यह भी चर्चा थी कि तहसीलदार के हस्ताक्षर भी नहीं हुए थे, लेकिन बाद में बयान बदलते हुए दोनों दस्तावेजों पर हस्ताक्षर होने की बात कही गई, जिससे भ्रम की स्थिति हो गई। जानकारी के अनुसार, फरार आरोपी के खिलाफ नौगांव थाने में पहले से ही एक मामला दर्ज था। इसी सिलसिले में नौगांव पुलिस जमानत के बाद उसे गिरफ्तार करने के लिए तहसील परिसर पहुंची थी। अधिकारियों के बयानतहसीलदार रमेश कौल ने बताया कि उनकी अदालत में दो आरोपियों के इस्तगासा प्रस्तुत हुए थे जिनकी जमानत की कार्रवाई की गई। तीसरे आरोपी के संबंध में उन्हें कोई जानकारी नहीं है। एसडीओपी नौगांव अमित मेश्राम ने कहा कि उन्हें तीनों आरोपियों की जमानत की सूचना मिली है। यदि कोई आरोपी फरार हुआ है तो अलीपुरा थाना पुलिस से जानकारी लेकर स्थिति स्पष्ट की जाएगी।
पटना के विजय निकेतन में उद्यमियों और शैक्षिक संस्थान के संचालकों के साथ आरएसएस चीफ मोहन भागवत ने बातचीत की। मोहन भागवत कल और आज पटना दौरे पर थे्। उन्होंने कहा कि संघ की स्थापना के समय देश के उत्थान के लिए जो सब प्रकार के रचनात्मक प्रयास चल रहे थे, उनको पूरा करने वाला काम संघ का काम बना है। पटना में स्वयंसेवकों से की बातचीत संघ शताब्दी वर्ष के दौरान मोहन भागवत ने 25 और 26 जनवरी को उत्तर बिहार का प्रवास किया। 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस पर मुजफ्फरपुर में झंडोत्तोलन किया। वहीं, 26 जनवरी को ही वो पटना आए थे। शाम में पटना के दायित्वधारी स्वयंसेवकों के साथ बातचीत की। मोहन भागवत ने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का प्रारंभ संपूर्ण हिंदू समाज के संगठन के लिए हुआ था। संघ के संस्थापक डॉक्टर केशव बलिराम हेडगेवार ने काफी सालों तक विचार करने के बाद संघ कार्य का प्रारंभ 1925 ई. में किया था। कल सुबह अपने अगले प्रवास के लिए पटना से प्रस्थान कर जाएंगे। इसके पहले 26 जनवरी को संघ प्रमुख मोहन भागवत मुजफ्फरपुर में संघ के प्रांत कार्यालय में तिरंगा फहराया था। उन्होंने कहा था, सरहद पर शहीद होने वाला हर वीर भारतवासी होता है, लेकिन देश के अंदर होने वाली हिंसा और टकराव पर भी समाज को आत्ममंथन करने की आवश्यकता है। संविधान नागरिकों को केवल अधिकार ही नहीं, बल्कि कर्तव्यों का भी बोध कराता है। संविधान हमारे आचरण की दिशा तय करता है और नियम-कानून का पालन हर नागरिक का दायित्व है। 25 जनवरी को भी मुजफ्फरपुर में थे इससे पहले रविवार को मुजफ्फरपुर पहुंचे भागवत ने एक रिसोर्ट में आयोजित 'सामाजिक सद्भाव विचार गोष्ठी सह संवाद कार्यक्रम' को संबोधित किया था। इस दौरान उन्होंने जनसंख्या, हिन्दू राष्ट्र, सामाजिक एकता और देश की वैश्विक भूमिका जैसे मुद्दों पर खुलकर अपनी बात रखी। भागवत ने कहा, 'हिन्दू समाज को 3 बच्चे पैदा करने से किसी ने रोका तो नहीं है। सरकार भी 2-1 बच्चे पैदा करने को कहती है।' उन्होंने कहा, 'देश को हिन्दू राष्ट्र घोषित करने की जरूरत नहीं है। यह हिन्दू राष्ट्र ही है। समाज में विविधता है, अलगाव नहीं है। अंग्रेजों ने अलगाव को चौड़ा कर शासन किया। उस अलगाव को दूर कर हिन्दू समाज को एकजुट करना है।' भागवत ने कहा, 'अपना देश आगे बढ़े, दुनिया का सिरमौर बने इसकी परिस्थिति भी बन रही है, लेकिन चुनौती भी कम नहीं है। कुछ देशों को भारत का आगे बढ़ना अच्छा नहीं लग रहा है, उन्हें अपनी दुकान बंद होने का खतरा दिख रहा है, जिससे वे आगे बढ़ने के रास्ते में बाधा खड़ी करने में लगे हुए हैं।
बागपत में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के छपरौली विधानसभा के मंडल उपाध्यक्ष सुमित शर्मा ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के नए कानून के विरोध में पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर केंद्र सरकार के इस फैसले पर गहरी नाराजगी व्यक्त की है। शर्मा ने स्पष्ट किया है कि जब तक यूजीसी कानून वापस नहीं लिया जाता, तब तक उनका विरोध जारी रहेगा और वे भाजपा का बहिष्कार करेंगे। उन्होंने कहा कि वे इस कानून के विरोध में अपना आंदोलन जारी रखेंगे। सुमित शर्मा का यह कदम पार्टी के भीतर असंतोष को दर्शाता है, खासकर शिक्षा क्षेत्र को प्रभावित करने वाले इस निर्णय के खिलाफ। उनका इस्तीफा बागपत जिले में भाजपा के लिए एक चुनौती पेश करता है और इससे क्षेत्र में राजनीतिक सरगर्मी बढ़ने की उम्मीद है। सुमित शर्मा क्षेत्रीय राजनीति में सक्रिय रहते हैं और युवाओं में उनकी अच्छी पकड़ मानी जाती है। उनके अचानक इस्तीफे से उनके समर्थकों में भी नाराजगी है। उन्होंने यूजीसी कानून का खुलकर बहिष्कार किया है और सरकार से इसे वापस लेने की मांग की है।
जांजगीर-चांपा जिले में धान खरीदी में आ रही समस्याओं को लेकर कांग्रेस विधायक व्यास कश्यप के नेतृत्व में 28 जनवरी को एसडीएम कार्यालय जांजगीर का घेराव किया जाएगा। यह घेराव सुबह 11 बजे शुरू होगा, जिसमें कांग्रेस पदाधिकारी, कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में किसान शामिल होंगे। विधायक व्यास कश्यप ने राज्य सरकार पर धान खरीदी में किसानों के साथ कथित अन्याय का आरोप लगाया है। उन्होंने बताया कि जांजगीर-चांपा विधानसभा क्षेत्र में हजारों किसान ऐसे हैं, जिनके धान की बिक्री नहीं हो पाई है। इनमें वे किसान भी शामिल हैं जिनका टोकन कट चुका है, सत्यापन हो गया है, या रकबा पंजीयन भी है। टोकन और एग्रीटेक पंजीयन न होने की शिकायतें बढ़ीं विधायक कश्यप के अनुसार, उनके कार्यालय में किसान टोकन न कटने और एग्रीटेक पोर्टल पर पंजीयन न होने जैसी शिकायतें लेकर आ रहे हैं। उन्होंने बताया कि धान खरीदी के लिए अब केवल चार दिन शेष हैं, जिससे किसान अपनी उपज बेचने को लेकर चिंतित हैं। दफ्तरों के चक्कर भी लगा रहे है मगर कोई भी प्रकार से अधिकारी समस्याओं का समाधान नहीं कर पा रहे है। किसानों से आंदोलन में शामिल होने की अपील विधायक ने जिले के किसानों से इस आंदोलन में बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील की है। उन्होंने कहा कि इस घेराव का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सभी किसानों के धान की खरीद हो सके और उन्हें उनकी उपज का उचित मूल्य मिल सके।
शाहजहांपुर में एक युवती ने अपने ही पिता पर आग लगाकर जलाने का गंभीर आरोप लगाया है। झुलसी हालत में युवती को राजकीय मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। जहां उसका इलाज जारी है। घटना रोजा थाना क्षेत्र के अहमदपुर टिक्कल गांव की है। जो मंगलवार शाम करीब 6 बजे की बताई जा रही है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पीड़िता का आरोप है कि उसके पिता ने उस पर जान से मारने की नीयत से आग लगा दी। युवती की चीख-पुकार सुनकर परिजन मौके पर पहुंचे और उसे किसी तरह बचाकर मेडिकल कॉलेज पहुंचाया। पीड़िता ने बताया कि उसके पिता पहले भी तीन बार उसकी हत्या की कोशिश कर चुके हैं। एक बार कुल्हाड़ी से हमला किया गया था, जबकि दूसरी बार उसकी गर्दन पर हसिया रख दिया गया था। दोनों बार उसकी मां ने बीच-बचाव कर जान बचाई थी। मंगलवार की घटना में उसका भाई मौके पर पहुंचा और उसे आग से बचाया। बताया जा रहा है कि पिता-पुत्री के बीच संपत्ति को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा है। पीड़िता का आरोप है कि अस्पताल में भर्ती होने के बावजूद उसके पिता और अन्य परिजन थाने में शिकायत न करने का दबाव बना रहे हैं और जान से मारने की धमकी भी दे रहे हैं। सीओ सदर प्रयांक जैन ने बताया कि एक युवती द्वारा अपने पिता पर आग लगाने का आरोप लगाया गया है। उन्होंने कहा कि लिखित तहरीर मिलने के बाद उसके आधार पर विधिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।
लखनऊ के वृंदावन योजना, सेक्टर-9 में इनर व्हील क्लब वृंदावन ने एक निशुल्क स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया। इस शिविर में लाभार्थियों को बीपी, शुगर और कोलेस्ट्रॉल की जांच के साथ-साथ स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी भी प्रदान की गई। क्लब की अध्यक्ष डॉ. रिचा सिंह ने बताया कि इस शिविर का मुख्य उद्देश्य समाज में स्वास्थ्य जागरूकता बढ़ाना और लोगों को समय पर जांच की सुविधा उपलब्ध कराना था। उन्होंने कि ऐसे कार्यक्रम स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने और बीमारियों की समय पर पहचान में सहायक होते हैं। 150 लाभार्थियों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया शिविर में डॉ. सुनील कुमार सिंह, डॉ. अमरीश कुमार, डॉ. सौंद्रिका यादव, डॉ. सविता सिंह, डॉ. नीरज वर्मा, डॉ. रौशन पटेल और डॉ. अमित वर्मा सहित कई विशेषज्ञों ने अपनी सेवाएं दीं। कुल 150 लाभार्थियों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया और उन्हें व्यक्तिगत स्वास्थ्य संबंधी परामर्श भी प्रदान किया गया। इस कार्यक्रम में क्लब की सचिव साधना गुप्ता, इनर व्हील अभ्युदय की अध्यक्ष डॉ. मीनाक्षी सिंह, दीपांजली गोर और अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। सभी ने इस पहल की सराहना करते हुए भविष्य में भी ऐसे आयोजनों की उम्मीद जताई।
प्रदेश के डिप्टी सीएम बृजेश पाठक और भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह चौधरी मंगलवार को अयोध्या पहुंचे। दोनों नेताओं ने भाजपा के पूर्व विधायक इंद्र प्रताप तिवारी खब्बू की माता के निधन पर उनके आवास पहुंचकर श्रद्धांजलि अर्पित की। डिप्टी सीएम बृजेश पाठक और भूपेंद्र सिंह चौधरी अश्विनीपुरम कॉलोनी स्थित खब्बू तिवारी के आवास पहुंचे, जहां उन्होंने दिवंगत आत्मा को नमन किया और शोक संतप्त परिवार से मुलाकात कर संवेदना प्रकट की। खब्बू तिवारी की माता का निधन बीमारी के चलते हुआ था। पूरी भाजपा परिवार और राज्य सरकार खब्बू तिवारी के साथ- बृजेश पाठक इस अवसर पर डिप्टी सीएम बृजेश पाठक ने कहा कि इस दुख की घड़ी में पूरी भाजपा परिवार और राज्य सरकार खब्बू तिवारी के साथ खड़ी है। उन्होंने ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति और परिजनों को इस अपार दुख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की इस दौरान पूर्व सांसद दद्दन मिश्र, जिलाध्यक्ष संजीव सिंह और वरिष्ठ नेता करुणाकर पांडेय आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे।
बैतूल के खंडेलवाल परिवार ने एक मिसाल पेश की है। विकास नगर निवासी स्वर्गीय नारायण खंडेलवाल के निधन के बाद उनके बेटे मनोज खंडेलवाल ने पिता की अंतिम इच्छा का सम्मान करते हुए आधी रात को उनका नेत्रदान करवाया। जानकारी के अनुसार, स्व. खंडेलवाल की मृत्यु के बाद रात में उनके बेटे मनोज खंडेलवाल ने निजी चिकित्सक डॉ. नूतन राठी से संपर्क किया। उन्होंने पिता की नेत्रदान करवाने की इच्छा व्यक्त की। सूचना मिलने पर नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. विनोद बर्डे ने अपनी टीम को सक्रिय किया। डॉ. बर्डे के नेतृत्व में डॉ. शीतल मर्सकोले, सिस्टर गीता और रंजीता खोब्रागडे की टीम रात करीब 1 बजे अस्पताल पहुंची। लगभग 2 बजे तक कॉर्निया निकालने की प्रक्रिया पूरी की गई। सुरक्षिक रखकर भोपाल भेजानिकाले गए कॉर्निया को एक विशेष अंगदान बॉक्स में सुरक्षित रखकर तुरंत भोपाल भेजा गया। यह सुबह 5:41 बजे हमीदिया अस्पताल के आई बैंक में जमा किया गया। इस पूरी प्रक्रिया में सीए धर्मेंद्र माहेश्वरी, विवेक तिवारी, सोनू सलूजा और आलोक खंडेलवाल सहित कई लोगों ने सहयोग किया। मनोज खंडेलवाल ने बताया कि उनके पिता ने लगभग छह-सात साल पहले देहदान का संकल्प लिया था। निधन के बाद पता चला कि देहदान के लिए शरीर को भोपाल एम्स ले जाना पड़ेगा। उस समय परिजन और रिश्तेदार बैतूल में मौजूद थे, इसलिए परिवार ने देहदान की जगह नेत्रदान का निर्णय लिया, ताकि पिता के संकल्प का सार्थक रूप पूरा हो सके। स्वर्गीय नारायण खंडेलवाल के तीन पुत्र हैं। इनमें से दो मुंबई में बैंकिंग क्षेत्र में कार्यरत हैं, जबकि मनोज खंडेलवाल बैतूल में ही रहते हैं।
लखनऊ के उत्सव पार्क में गणतंत्र दिवस समारोह:जनकल्याण समिति विशाल खंड-3 ने किया आयोजन
लखनऊ के उत्सव पार्क में जनकल्याण समिति विशाल खंड-3 की ओर से गणतंत्र दिवस समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ ध्वजारोहण और राष्ट्रगान के साथ किया गया । यह आयोजन समिति अध्यक्ष नगीना प्रसाद की अध्यक्षता में और सचिव बीएल तिवारी के संचालन में संपन्न हुआ। इस अवसर पर राज्य सूचना आयुक्त डॉ. दिलीप अग्निहोत्री, पार्षद रामकृष्ण यादव, गोमतीनगर जनकल्याण महासमिति के उपाध्यक्ष राकेश त्यागी और डॉ. अश्वनी कुमार उपस्थित रहे। इन गणमान्य व्यक्तियों ने गणतंत्र दिवस के ऐतिहासिक महत्व और संविधान की पृष्ठभूमि के बारे में बताया। समारोह में कैलाश शर्मा, नगीना प्रसाद और कुंदन लाल शुक्ल ने देशभक्ति गीत और काव्य प्रस्तुत किए। संगठन सचिव जीपी नारायण, जेएन सिंह, करुणेश शुक्ल सहित विशाल खंड-3 के बड़ी संख्या में निवासी इस अवसर पर मौजूद रहे।
मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) के तहत मेडिकल ऑफिसर्स और एक्सपर्ट डॉक्टर्स की भर्ती से जुड़े मामलों में इंदौर हाईकोर्ट ने एक अहम फैसला सुनाया है। जस्टिस जय कुमार पिल्लई ने इस मामले में लगी अलग-अलग रिट याचिकाओं पर एक साथ फैसला देते हुए सैकड़ों योग्य डॉक्टरों को बड़ी राहत प्रदान की है। इन सभी मामलों में याचिकाकर्ताओं की ओर से सीनियर एडवोकेट तुषार सोडानी ने पैरवी की। उन्होंने कोर्ट के समक्ष तर्क रखा कि भर्ती विज्ञापन में पोस्ट ग्रेजुएट एडिशनल रजिस्ट्रेशन को कहीं भी अनिवार्य योग्यता घोषित नहीं किया गया था। इसके बावजूद इसी आधार पर उम्मीदवारों की उम्मीदवारी निरस्त कर दी गई, जो कि संविधान के अनुच्छेद 14 और 16 का स्पष्ट उल्लंघन है। कोर्ट ने एडवोकेट सोडानी की दलीलों से सहमत होते हुए कहा कि एडिशनल रजिस्ट्रेशन केवल वांछनीय योग्यता है न कि अनिवार्य। कोर्ट ने स्पष्ट टिप्पणी करते हुए कहा कि भर्ती प्रक्रिया के दौरान नई शर्त लागू करना “खेल के नियम बदलने” के समान है, जो कानूनन अस्वीकार्य है। कोर्ट ने MPPSC और राज्य शासन को निर्देश दिए कि जिन अभ्यर्थियों ने कट ऑफ तिथि से पहले पोस्ट ग्रेजुएट डिग्री प्राप्त कर ली थी, उनकी उम्मीदवारी केवल एडिशनल रजिस्ट्रेशन के आधार पर रद्द न की जाए और उन्हें फिर भर्ती प्रक्रिया में शामिल किया जाएं। इस फैसले से योग्य डॉक्टरों को बड़ी राहत मिली है। वे डॉक्टर्स जिन्होंने कट ऑफ तारीख से पहले PG डिग्री प्राप्त कर ली थी वे फिर से भर्ती प्रक्रिया में शामिल हो सकेंगे। ये खबर भी पढ़ें... इंदौर में MPPSC के खिलाफ आंदोलन इंदौर में मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) के सामने अभ्यर्थियों ने एक बार फिर शनिवार देर रात से आंदोलन शुरू कर दिया है। कोर्ट की अनुमति मिलने के बाद नेशनल एजुकेटेड यूथ यूनियन (NEYU) के नेतृत्व में आयोग कार्यालय के बाहर धरना दिया जा रहा है। 10 सूत्री मांगों को लेकर शुरू हुआ यह आंदोलन अगले चार दिन तक जारी रहेगा।पूरी खबर पढ़ें
गोरक्षनाथ मंदिर में 77वां गणतंत्र दिवस मनाया गया:युवा वाहिनी ने ध्वजारोहण कर जुलूस निकाला
77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर गोरक्षनाथ युवा वाहिनी ने कार्यक्रम का आयोजन किया। यह आयोजन चौपटिया स्थित गोरक्षनाथ मंदिर (बाबा कुटिया) परिसर में किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत मंदिर के महंत योगी राकेशनाथ द्वारा ध्वजारोहण के साथ हुई। ध्वज फहराते ही उपस्थित लोगों ने राष्ट्रगान गाकर संविधान और देश की एकता के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। ध्वजारोहण के बाद मंदिर परिसर स्थित दिलाराम बारादरी से एक भव्य जुलूस निकाला गया। यह रैली निवाजगंज, ठाकुरगंज, कोनेश्वर, घंटाघर और रूमीगेट होते हुए चौक पहुंची। इसके बाद जुलूस सराय माली खां और चौपटिया मार्ग से होते हुए पुनः गोरक्षनाथ मंदिर परिसर में आकर संपन्न हुआ। पूरे मार्ग में देशभक्ति के नारे गूंजते रहे। मूल्य कर्तव्यों की याद दिलाता है गणतंत्र दिवस महंत योगी राकेशनाथ ने इस अवसर पर कहा कि गणतंत्र दिवस हमें संविधान के मूल्यों, अधिकारों और कर्तव्यों की याद दिलाता है। उन्होंने युवाओं से देशहित में आगे आकर सेवा और राष्ट्र निर्माण में भागीदारी निभाने का आह्वान किया। कार्यक्रम का समापन सामूहिक तहरी भोज के साथ हुआ, जिसका सभी उपस्थित लोगों ने आनंद लिया। इस अवसर पर बाबा महादेव शर्मा, दिलीप साहू, मनोज वर्मा, रामू शर्मा, आयुष शर्मा, अर्जुन गुप्ता, सुधीर सिंह, ऋतिक, श्याम निषाद, सागर शर्मा, उमेश सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और श्रद्धालु मौजूद रहे।
छत्तीसगढ़ सरकार ने स्वामी आत्मानंद स्कूलों में नर्सरी और केजी कक्षाओं को बंद करने का फैसला किया है। इस निर्णय से इन कक्षाओं में पढ़ने वाले बच्चों का भविष्य प्रभावित होगा। शिक्षकों को भी नौकरी से निकालने का नोटिस दिया गया है। इस फैसले से प्रभावित शिक्षकों के एक प्रतिनिधिमंडल ने बिलासपुर में पूर्व विधायक शैलेश पांडेय से मुलाकात की। इसके बाद उन्होंने शैलेश पांडेय के साथ प्रदेश के वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं से मिलकर अपनी समस्याएं बताईं। प्रतिनिधिमंडल ने विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत, पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस. सिंहदेव से भेंट की। उन्होंने नेताओं को बताया कि राज्य सरकार के इस निर्णय से उनके जीवन पर गहरा असर पड़ा है। वरिष्ठ नेताओं ने शिक्षकों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और सरकार के इस कदम पर नाराजगी व्यक्त की। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि यह फैसला राजनीतिक दुर्भावना से प्रेरित है। उन्होंने शिक्षकों को हर संभव मदद का आश्वासन दिया और कहा कि वे इस मुद्दे को हर स्तर पर उठाएंगे। शिक्षकों के प्रतिनिधिमंडल में कोमल ठाकुर, स्वीटी तिवारी, अमृता सिंह, पूजा जांगड़े, प्रतीक्षा राही, निशा बंजारे, सहोदरा जायसवाल और पुष्पा दुबे शामिल थीं।
राजधानी लखनऊ में कला, संगीत, साहित्य और देसी स्वाद का अनोखा संगम देखने को मिलेगा। उषा महेश फाउंडेशन के सहयोग से पारुल्स ग्रामोफोन की ओर से ग्रामोफोन आर्ट फेस्टिवल का आयोजन किया जायेगा। इस एक दिवसीय फेस्टिवल का उद्देश्य उन आम लोगों की छुपी प्रतिभाओं को सामने लाना है, जिन्हें अब तक न तो समय मिल पाया और न ही अपनी कला दिखाने का मंच। आयोजन की सोच है- 'क्योंकि कलाकारी हम सबमें है'। आयोजक पारुल शर्मा ने बताया कि यह फेस्टिवल 1 फरवरी को संगीत नाटक अकादमी में होगा। कार्यक्रम की शुरुआत दोपहर 12 बजे होगी और यह रात 9 बजे तक चलेगा। फेस्टिवल में कला के विविध रूपों, लोक-संस्कृति, रचनात्मकता और देसी स्वादों का रंगारंग संगम देखने को मिलेगा। पारंपरिक व्यंजनों को फिर से चखने का अवसर मिलेगा फेस्टिवल के अंतर्गत ‘कलम-दवात’ सत्र में लेखन को मंच दिया जाएगा। वहीं, कला शिल्प कौशल, बेकार वस्तुओं के सही उपयोग और रीसाइकलिंग पर विशेष फोकस रहेगा। पाक-शास्त्र प्रतियोगिता में पुराने और लगभग विलुप्त हो चुके पारंपरिक व्यंजनों को फिर से चखने का अवसर मिलेगा।‘धुन-सुन’ संगीत कार्यक्रम में गायन और नृत्य की प्रस्तुतियां होंगी। इन कार्यक्रमों के लिए रजिस्ट्रेशन लगभग पूरे हो चुके हैं, हालांकि समय की उपलब्धता के अनुसार आम लोगों को भी भाग लेने का अवसर मिल सकता है। 45 से 80 वर्ष आयु वर्ग के कलाकार भाग लेंगे इसके साथ ही मंडला आर्ट, रेजिन आर्ट, कढ़ाई, क्रोशिया, बुनाई, केक और कुकीज जैसी विभिन्न वर्कशॉप के स्टॉल लगाए जाएंगे। इन वर्कशॉप्स के लिए अभी भी पंजीकरण कराया जा सकता है। समय और अन्य जानकारी सोशल मीडिया के माध्यम से उपलब्ध कराई जा रही है।संत गाडगे प्रेक्षागृह में होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रमों के टिकट बुक माय शो पर उपलब्ध हैं। शाम 5:45 बजे से लगभग दो घंटे तक चलने वाले इस कार्यक्रम में 45 से 80 वर्ष आयु वर्ग के कलाकार भाग लेंगे। लोक, शास्त्रीय और बॉलीवुड कला का सुंदर संगम देखने को मिलेगा, जिसमें थिएटर, गायन और नृत्य की विविध विधाएं शामिल होंगी।
कानपुर के सेन पश्चिम पारा क्षेत्र के ग्राम नगवां में मंगलवार को एक दर्दनाक घटना सामने आई, जहां 21 वर्षीय युवती ने फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। सूचना मिलते ही उपनिरीक्षक सौरभ गुप्ता मय हमराह उपनिरीक्षक शिवांशी यादव एवं हेड कांस्टेबल सुरजन सिंह मौके पर पहुंचे। इसके बाद पुलिस अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे और मामले की जानकारी ली। मौके पर जांच के दौरान मृतिका की पहचान कुमारी दिव्या उर्फ सानू सिंह (पुत्री मनोज सिंह), निवासी ग्राम नगवां, थाना सेन पश्चिम पारा, कमिश्नरेट कानपुर नगर के रूप में हुई। परिजनों के अनुसार दिव्या की मां का लगभग एक वर्ष पूर्व देहांत हो चुका है, जबकि पिता नशे की प्रवृत्ति के हैं और बिना बताए घर से चले गए थे। इसके बाद से दिव्या अपने छोटे भाई और बड़ी बहन के साथ चचेरे भाई प्रीतम सिंह के मकान में रह रही थी। परिवार के लोगों ने बताया कि दिव्या की बड़ी बहन का रिश्ता उन्नाव निवासी मामा द्वारा तय कराया गया था, लेकिन इस रिश्ते से दोनों बहनें सहमत नहीं थीं। दोनों ने शादी से इनकार भी किया था। इसके बावजूद मामा की ओर से जबरन शादी कराने का दबाव बनाया जा रहा था। इसी मानसिक दबाव के चलते दिव्या अवसाद (डिप्रेशन) में चली गई थी। परिजनों का आरोप है कि इसी तनाव के कारण उसने यह आत्मघाती कदम उठा लिया। घटना की सूचना पर फोरेंसिक टीम को भी बुलाया गया, जिसने मौके पर पहुंचकर साक्ष्य संकलन करते हुए घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस बल मौके पर तैनात रहा और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में बताई गई। आवश्यक विधिक प्रक्रिया पूरी करते हुए पंचायतनामा की कार्रवाई की गई, जिसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। सेन पश्चिम पारा इंस्पेक्टर प्रदीप कुमार सिंह ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम हेतु भेजा गया है। रिपोर्ट आने के बाद तथ्यों के आधार पर आगे की आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने संभल हिंसा के अभियुक्त आलम को बड़ी राहत देते हुए अंतरिम अग्रिम जमानत प्रदान कर दी है। न्यायमूर्ति जितेंद्र कुमार सिन्हा की एकल पीठ ने यह आदेश पारित करते हुए आलम को 25 फरवरी 2026 तक गिरफ्तारी से संरक्षण दिया है और इस मामले में राज्य सरकार से हलफनामा भी तलब किया है। गौरतलब है कि आलम वही व्यक्ति है, जिसकी ओर से एएसपी अनुज चौधरी सहित 20 पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने का आदेश न्यायालय से प्राप्त किया गया था। हिंसा और गोली लगने का मामला यह पूरा मामला संभल कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला कोट पूर्वी में स्थित विवादित धार्मिक स्थल (श्री हरिहर मंदिर बनाम शाही जामा मस्जिद) के सर्वे से जुड़ा है। 24 नवंबर 2024 को दूसरे चरण के सर्वे के दौरान क्षेत्र में हिंसा भड़क गई थी। इसी दौरान नई सराय खग्गू सराय निवासी आलम पुत्र यासीन को गोली लगी थी। इसके बाद आलम ने मेरठ के एक निजी अस्पताल में इलाज कराया था। पुलिसकर्मियों पर एफआईआर का आदेश फरवरी 2025 में आलम के पिता ने चंदौसी की सीजेएम कोर्ट में याचिका दायर की थी।9 जनवरी 2026 को तत्कालीन सीजेएम विभांशु सुधीर ने एएसपी अनुज चौधरी, इंस्पेक्टर अनुज तोमर सहित 20 पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया था। हाईकोर्ट में सुनवाई मामला हाईकोर्ट पहुंचने पर आलम की ओर से अधिवक्ता प्रभात श्रीवास्तव ने पक्ष रखा। उन्होंने दलील दी कि आलम निर्दोष है। शुरुआती एफआईआर में उसका नाम नहीं था। उसे जानबूझकर नामजद किया गया। गिरफ्तारी की आशंका बनी हुई है। कोर्ट ने इन दलीलों को सुनने के बाद आलम को अंतरिम अग्रिम जमानत प्रदान की। आलम पर लगे आरोप आलम के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की निम्न धाराओं में धारा 191(3): घातक हथियार से दंगा, धारा 100(1): हत्या का प्रयास, धारा 121: सरकारी कर्मचारी को कर्तव्य से रोकने हेतु चोट, धारा 132: सरकारी कर्मचारी पर हमला का मुकदमा दर्ज है। न्यायिक प्रशासन में बदलाव 20 पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर का आदेश देने वाले तत्कालीन सीजेएम विभांशु सुधीर का तबादला सुल्तानपुर कर दिया गया था। उनके बाद दीपक कुमार जायसवाल और फिर आदित्य कुमार सिंह को सीजेएम नियुक्त किया गया, जिनकी नियुक्ति को लेकर अधिवक्ताओं द्वारा विरोध भी दर्ज कराया गया था। 19 नवंबर 2024 को संभल की शाही जामा मस्जिद को श्री हरिहर मंदिर होने का दावा सिविल सीनियर डिवीजन कोर्ट चंदौसी में दाखिल किया गया था। कोर्ट के आदेश पर उसी दिन पहले चरण और 24 नवंबर को दूसरे चरण का सर्वे हुआ। इस दौरान हिंसा भड़क गई, जिसमें पांच लोगों की मौत, 29 पुलिसकर्मियों के घायल होने और 12 एफआईआर दर्ज होने की पुष्टि हुई।अब तक 134 अभियुक्तों को जेल भेजा जा चुका है, जिनमें जामा मस्जिद के सदर जफर अली एडवोकेट, तीन महिलाएं और फरार गैंगस्टर शारिक साठा के तीन सहयोगी भी शामिल हैं।
हार्ट पेशेंट को ला रही तेज रफ्तार एम्बुलेंस पलटी:मरीज की मौत; एंबुलेंस में मौजूद 5 लोग हुए घायल
जयपुर में हार्ट पेशेंट को ला रही एम्बुलेंस पलट गई। इसमें मरीज की मौत हो गई। करधनी थाना इलाके में मंगलवार को यह सड़क हादसा हुआ। बराला हॉस्पिटल से कार्डिएक पेशेंट सिराजुद्दीन को इमरजेंसी इलाज के लिए ले जाया जा रहा था, तभी एनएच-48 पर शर्मा हॉस्पिटल के सामने तेज रफ्तार एम्बुलेंस बेकाबू होकर हाईवे पर पलट गई। हादसे में मरीज सिराजुद्दीन की मौके पर ही मौत हो गई। परिजन सहित कंपाउंडर, ड्राइवर हुए घायलपुलिस ने बताया- एम्बुलेंस में मरीज सिराजुद्दीन के साथ उनके दो परिजन, बराला हॉस्पिटल का एक कंपाउंडर, एम्बुलेंस ड्राइवर प्रकाश, ड्राइवर का दोस्त मोहन और एक अन्य व्यक्ति सवार थे। हादसे में ये लोग घायल हुए, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। सभी की हालत सामान्य बताई जा रही है। हादसे की सूचना मिलते ही करधनी थाना पुलिस मौके पर पहुंची। एक्सीडेंट थाना वेस्ट पुलिस मामले की जांच कर रही है। पुलिस ने क्षतिग्रस्त एम्बुलेंस को सड़क से हटवाकर यातायात सुचारु करवाया। पुलिस हादसे के कारणों की जांच में जुटी है।
भाजपा नेता और सामाजिक कार्यकर्ता प्रवीण कुमार शुक्ल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक विस्तृत पत्र भेजा है। इस पत्र में उन्होंने उच्च शिक्षा संस्थानों में लागू किए गए यूजीसी (UGC) के नए एक्ट को लेकर समाज के विभिन्न वर्गों में उत्पन्न हो रही भ्रांतियों, आशंकाओं और मानसिक असुरक्षा को दूर करने की मांग की है। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था को भयमुक्त, निष्पक्ष और सामाजिक समरसता से युक्त बनाए रखने पर जोर दिया है। अपने पत्र में उल्लेख किया है कि केंद्र सरकार का उद्देश्य शिक्षा क्षेत्र में समान अवसर, योग्यता आधारित चयन और सामाजिक समरसता को मजबूत करना है। हालांकि, यूजीसी की ओर से हाल ही में लागू किए गए जाति-आधारित भेदभाव निरोधक प्रावधानों की भाषा और प्रक्रियाओं को लेकर छात्रों, अभिभावकों और शिक्षकों के बीच भ्रम और असमंजस की स्थिति बन रही है। इससे शिक्षा परिसरों में मानसिक दबाव और अनिश्चितता का माहौल पैदा हो रहा है। उन्होंने आगे कहा कि भेदभाव के विरुद्ध संघर्ष प्रत्येक नागरिक का साझा दायित्व है। लेकिन, वर्तमान स्वरूप में इस एक्ट के कुछ प्रावधान ऐसे प्रतीत होते हैं, जिनसे व्यवहार-आधारित निष्पक्षता के बजाय जातिगत पहचान को अधिक महत्व मिलने की आशंका है। इससे आपसी विश्वास के स्थान पर अविश्वास का माहौल बनने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। प्रवीण कुमार शुक्ल ने यह भी बताया कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के स्वयंसेवक देशभर में जात-पात की करो विदाई, हम सब हिन्दू भाई-भाई जैसे संदेशों के माध्यम से सामाजिक एकता और समरसता को मजबूत करने का प्रयास कर रहे हैं। ऐसे में, इन प्रावधानों को लेकर उत्पन्न संशय सामाजिक सौहार्द के इन प्रयासों के विपरीत प्रतीत होता है। पत्र के अंत में, शुक्ल ने विश्वास व्यक्त किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में इस विषय पर आवश्यक स्पष्टीकरण और संतुलित सुधार किए जाएंगे। इससे शिक्षा का वातावरण भयमुक्त, विश्वासपूर्ण और राष्ट्र निर्माण के अनुरूप बन सकेगा।
बाइक की टक्कर से बुजुर्ग किसान की मौत:शहीद पथ पर तेज रफ्तार के चलते हुए हादसा, घर से टहलने निकले थे
लखनऊ के शहीद पथ स्थित बाघामऊ गांव के पास मंगलवार सुबह तेज रफ्तार बाइक की टक्कर से एक बुजुर्ग किसान की मौत हो गई। हादसे के बाद मौके पर मौजूद लोगों ने बाइक सवार युवक को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने घायल किसान को अस्पताल पहुंचाया। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। बाघामऊ गांव निवासी हरि प्रसाद (75) किसान थे। मृतक के भाई पिंटू ने बताया कि हरि प्रसाद रोज की तरह मंगलवार सुबह घर से टहलने निकले थे। शालीमार वन वर्ल्ड अपार्टमेंट के पास सड़क पार करते समय तेज रफ्तार बाइक ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि हरि प्रसाद सिर के बल सड़क पर गिर पड़े और गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद बाइक सवार भी संतुलन खो बैठा और कच्ची सड़क पर जा गिरा। घटना देख आसपास मौजूद राहगीरों ने बाइक सवार को पकड़ लिया और पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस ने घायल किसान को तत्काल अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने बाइक सवार युवक को हिरासत में ले लिया है और उसकी बाइक को थाने में खड़ी कर दी गई है। मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है।
सीकर में बैंक ऑफ बड़ौदा का ग्राहक सेवा केंद्र संचालक तीन खाताधारकों के लाखों रुपए लेकर फरार हो गया। ग्राहक सेवा केंद्र संचालक ने FD, गोल्ड लोन, रुपए जमा करने के नाम पर यह राशि हड़प ली। संचालक ने FD के फर्जी डॉक्यूमेंट बनाकर भी दिए। आरोप है कि केंद्र संचालक सुरेंद्र कुमार ढाका ने 12.23 लाख रुपए हड़पे हैं। कोतवाली थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है। तीनों शिकायतों पर कोतवाली थाना पुलिस ने जॉइंट रिपोर्ट दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। मामले की जांच ASI विद्याधर सिंह कर रहे हैं। उन्होंने कहा- अभी मामले में जांच जारी है। पहला मामला : साढ़े 7 लाख रुपए दिए, बैंक की सील लगाकर दिए फर्जी डॉक्यूमेंटसीकर के रामपुरा निवासी नरेश कुमार ने मामला दर्ज कराया। इसमें बताया कि सुरेंद्र कुमार ढाका ने बैंक ऑफ बड़ौदा का ग्राहक सेवा केंद्र ले रखा है। जो फागलवा पेट्रोल पंप ब्रांच के सामने स्थित है। सुरेंद्र कुमार को 10 जून 2024 को नरेश कुमार की मां कमला के नाम से 5 लाख रुपए FD और म्युचुअल फंड के लिए, 4 जुलाई 2025 को नरेश के नाम से डेढ़ लाख और 3 दिसंबर 2019 को बहन सुनीता के नाम से 1 लाख रुपए की FD के लिए रुपए दिए थे। बहन कंचन के नाम से 1 लाख रुपए FD के जमा करवाए पीड़ित नरेश जब 19 जनवरी को रुपए लेने के लिए गया तो ग्राहक सेवा केंद्र बंद मिला। पीड़ित नरेश ने सुरेंद्र को कॉल किया तो उसका नंबर स्विच ऑफ आ रहा था। इसके बाद नरेश ब्रांच में गया और उसने सुरेंद्र के बारे में पूछा तो ब्रांच स्टाफ ने कहा कि वह घूमने के लिए गया है। एक-दो दिन इंतजार करो, वापस आ जाएगा। इसके बाद 21 जनवरी को नरेंद्र वापस ग्राहक सेवा केंद्र के पास गया तो उसे केंद्र बंद मिला। जब उसने बैंक में पूछताछ की तो पता चला कि सुरेंद्र फरार हो गया। सुरेंद्र ने निवेश के जो डॉक्यूमेंट नरेश को दिए थे, उनकी जांच करवाने पर पता चला कि सभी फर्जी हैं। इन सभी डॉक्यूमेंट पर बैंक सील लगी थी। इस वजह से नरेश और उसके परिवार ने डॉक्यूमेंट को हकीकत मान लिया था। दूसरा मामला : गोल्ड लोन के 3 लाख रुपए जमा कराए, खाते में नहीं हुएदूसरे मामले में हीरालाल ने शिकायत देकर बताया कि उन्हें सस्ता कम ब्याज में गोल्ड लोन देने की बात कही गई। ऐसे में सुरेंद्र सिंह ढाका के पास 2 हजार रुपए में बैंक अकाउंट खुलवाया गया। सुरेंद्र सिंह ने 8.73 लाख रुपए का गोल्ड लोन दिलवाया। इसमें से 8.50 लाख दिए। सुरेंद्र ने कहा कि यदि आप अभी पैसा जमा करवाते हो तो आपको ब्याज में और छूट मिल जाएगी। हीरालाल ने 15 दिसंबर को 2.70 लाख रुपए दे दिए। तब सुरेंद्र ने हीरालाल को कहा- रुपए जमा होने के बाद वह स्टेटमेंट भेज देगा, अभी तो रिकवरी के लिए गया गया हूं। इसके बाद सुरेंद्र कभी मीटिंग में होने तो कभी बहाना बनाकर गुमराह करता रहा। हीरालाल जब 20 जनवरी को सुरेंद्र के केंद्र पर आए तो वहां केंद्र बंद मिला। हीरालाल ने बैंक स्टेटमेंट चेक करवाया तो पता चला कि जो 2.70 लाख रुपए उन्होंने सुरेंद्र को जमा करवाने के लिए दिए थे, वह उसने जमा ही नहीं करवाए। तीसरा मामला : एक लाख रुपए जमा कराए, रसीद दी, खाते में नहीं हुए जमातीसरे मामले में इशरत ने पुलिस में शिकायत देकर बताया कि उन्होंने ग्राहक सेवा केंद्र पर 9 दिसंबर 2025 को 60 हजार और 20 दिसंबर 2025 को 43 हजार रुपए जमा करवाए थे। इसकी सुरेंद्र कुमार ढाका ने रसीद दे दी, लेकिन वह रुपए बैंक में जमा नहीं हुए। इसका पता उन्हें तब चला, जब वह बैंक में पैसे निकलवाने के लिए गए थे।
ग्रेटर नोएडा में एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर ने 16वीं मंजिल से कूदकर सुसाइड कर लिया। सॉफ्टवेयर इंजीनियर शराब के नशे में था। पहले पत्नी से झगड़ा किया। इसके बाद साली को चाकू मार दी। फिर कूदकर 16वें फ्लोर से नीचे कूद गया। पत्नी का कहना है कि वह 6 महीने से बेरोजगार था। वह दिन-रात शराब पीता था। इसके बाद घर में लड़ाई-झगड़ा करता था। आज भी शराब पीकर लड़ाई कर था। लड़ाई करते-करते उसने बालकनी से नीचे छलांग लगा दी। पूरा घटना पैरामाउंट इमोशंस सोसाइटी के टॉवर नंबर-सी में मंगलवार शाम को हुई। अब जानिए पूरा मामला... बेरोजगार होने के चलते तनाव थे मूलरूप से पटना (बिहार) के रहने वाले शत्रुघ्न सिन्हा (38) एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर थे। वह अपनी पत्नी के साथ टॉवर नंबर-सी में 16वें फ्लोर पर रहते थे। पत्नी गुलशन राठौर (34) ने बताया कि शत्रुघ्न सिन्हा पिछले 6 महीने से बेरोजगार थे। नौकरी न होने के चलते वह तनाव में थे। पत्नी गुलशन राठौर ने कहा- मैं भी एक आईटी कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर हूं। मैं अपनी सैलरी से पूरे घर का खर्च चला रही थी। फ्लैट भी किराये पर ले रखा है। इसका किराया भी मैं ही दे रही हूं। फ्लैट का दरवाजा बंद कर बालकनी से छलांग लगाई गुलशन ने कहा- खर्च उठाने के बाद भी शत्रुघ्न आए दिन शराब के नशे में विवाद करता था। आज भी उसने शराब पी रखी थी। पहले मुझसे लड़ाई की। इसके बाद मुझे मारपीट करने की कोशिश की। जब मेरी बहन बीच-बचाव करने लगी तो उसे चाकू मार दिया। गुलशन ने बताया कि मैंने पुलिस को सूचना दी। लेकिन पुलिस के पहुंचने से पहले ही शत्रुघ्न ने फ्लैट का दरवाजा बंद कर दिया। इसके बाद खुद बालकनी में जाकर छलांग लगा दी। मेरे चिल्लाने पर आसपास के लोगों ने दरवाजा खोला। हम शत्रुघ्न को यथार्थ अस्पताल ले गए, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। बिसरख थाना पुलिस ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि शत्रुघ्न सिन्हा ने पैरामाउंट सोसाइटी के टॉवर नंबर-सी में अपने फ्लैट की 16वीं मंजिल की बालकनी से छलांग लगाई थी। डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मृतक के परिजन मौके पर मौजूद हैं और आगे की आवश्यक विधिक कार्यवाही की जा रही है।------------- ये खबर भी पढ़ें मंगेतर के 3 टुकड़े करने वाला हंसते हुए जेल गया:रामपुर में पिता समेत 6 दोषियों को उम्रकैद; फार्म हाउस में दफनाया था रामपुर के पायल हत्याकांड में उसके मंगेतर जहांगीर समेत 6 दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। सजा सुनाए जाने के बाद भी सभी दोषी हंसते हुए पुलिस की गाड़ी में बैठे। इसका वीडियो भी सामने आया है। इसमें मंगेतर जहांगीर का पिता ताहिर हाथ हिलाते दिख रहा है। पढ़ें पूरी खबर....
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 'समृद्धि यात्रा' के दौरान झंझारपुर के अररिया संग्राम में मधुबनी के लिए कई विकास योजनाओं की घोषणा की। उन्होंने कहा कि राज्य में एक नया एजुकेशन सिटी बनाया जाएगा और प्रत्येक प्रखंड में आदर्श विद्यालय तथा डिग्री कॉलेज खोले जाएंगे। मुख्यमंत्री ने मधुबनी जिले में हुए पिछले विकास कार्यों का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि जिले में इंजीनियरिंग कॉलेज, पॉलिटेक्निक संस्थान, महिला आईटीआई और सभी अनुमंडलों में ITI स्थापित किए गए हैं। झंझारपुर में मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल, जीएनएम और पारा मेडिकल संस्थानों की भी स्थापना की गई है। इसके अतिरिक्त, कर्पूरी छात्रावास और तीन आवासीय स्कूल भी बनाए गए हैं। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम से जुड़ी तस्वीरें देखिए.... कोसी नदी के तटबंधों का जीर्णोद्धार और पक्कीकरण नीतीश कुमार ने कई पुलों और सड़कों के निर्माण का उल्लेख किया, जिसमें मधुबनी से सुपौल होते हुए सहरसा जाने वाली सड़क और कमला नदी पर सड़क सह रेल पुल का पुनर्निर्माण शामिल है। बाढ़ से बचाव के लिए कमला बालान और कोसी नदी के तटबंधों का जीर्णोद्धार और पक्कीकरण किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि 'प्रगति यात्रा' के दौरान उन्होंने सभी जिलों में विकास कार्यों का जायजा लिया था। मधुबनी जिले की 7 नई योजनाओं को स्वीकृति दी गई है, जिन पर काम चल रहा है और उन्हें जल्द पूरा किया जाएगा। इनमें कमला नदी को पुरानी कमला और जीवछ नदी से जोड़ना, मिथिला हाट का विस्तारीकरण, नए बस अड्डे का निर्माण, मधुबनी रिंग रोड का निर्माण, फुलहर स्थान को पर्यटक स्थल के रूप में विकसित करना और लौकही में औद्योगिक क्षेत्र बनाना शामिल है। पश्चिमी कोसी नहर का भी विस्तारीकरण किया जा रहा है। 21 प्रखंडों में आदर्श विद्यालय और डिग्री कॉलेज स्थापित किए जाएंगे शिक्षा के क्षेत्र में, सभी 21 प्रखंडों में आदर्श विद्यालय और डिग्री कॉलेज स्थापित किए जाएंगे। स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए सभी 21 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को विशिष्ट अस्पताल और मधुबनी सदर अस्पताल को अति विशिष्ट अस्पताल में अपग्रेड किया जाएगा। खेलों को बढ़ावा देने के लिए मधुबनी जिले में 'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस' की स्थापना की जाएगी। आर्थिक विकास के तहत, मधुबनी जिले में औद्योगिक क्षेत्र स्थापित कर नए उद्योग लगाए जाएंगे। डेयरी क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए जिले के 1,124 गांवों में दूध उत्पादन समितियों का गठन किया जाएगा और सभी 399 पंचायतों में सुधा दूध बिक्री केंद्र खोले जाएंगे।
मोहाली जिले के जीरकपुर में अपराध की दो अलग-अलग घटनाएं सामने आई हैं। इनमें एक मोबाइल स्नैचिंग और दूसरी घर में चोरी की वारदात शामिल है। पुलिस ने दोनों मामलों में शिकायत दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। बता दे कि पहली घटना लोहगढ़ क्षेत्र के सिगमा सिटी चौक के पास हुई।जहां संगीता नामक महिला पैदल जा रही थी, तभी बाइक सवार दो युवक पीछे से आए और उसका मोबाइल फोन झपटकर फरार हो गए। महिला के शोर मचाने पर आसपास के लोगों ने पीछा करने की कोशिश की, लेकिन आरोपी भागने में सफल रहे। घर में घुसकर वारदात वहीं दूसरी घटना लोहगढ़ की बादल कॉलोनी में हुई। मकान मालिक संजीव चौहान ने बताया कि वह परिवार सहित बाहर गए हुए थे। 24 जनवरी की आधी रात के करीब अज्ञात चोर घर में घुसे। चोरों ने कमरों में रखी अलमारियों के ताले तोड़कर लगभग 60 हजार रुपए नकद और 10 लाख रुपए मूल्य के आभूषण चुरा लिए। पीड़ितों की शिकायत पर पुलिस ने दोनों मामलों में केस दर्ज कर लिया है। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है।
14 लॉकर धारक के जेवर वापस मिले:चिनहट में दीवार काट कर हुई थी चोरी, इंडियन ओवरसीज बैंक का मामला
लखनऊ के चिनहट स्तिथ अयोध्या रोड स्थित मटियारी इलाके में इंडियन ओवरसीज बैंक के 38 लॉकर काटकर करोड़ों रुपये के गहने, नकदी और दस्तावेज चोरी करने के मामले में मंगलवार को कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने 14 पीड़ितों को उनके गहने वापस कर दिए। हालांकि कई खाताधारकों को अब भी अपने गहने नहीं मिल सके हैं। पुलिस का कहना है कि कानूनी प्रक्रिया पूरी होते ही शेष लोगों को भी उनका सामान लौटा दिया जाएगा। 1 साल 2 महीने बाद जेवर वापस पाकर खुश हुए लोगगहने वापस पाने के लिए पीड़ितों को कई बार कोर्ट और थाने के चक्कर काटने पड़े। मालखाने में जमा गहनों की पहचान और सत्यापन की प्रक्रिया लंबी होने के कारण देरी हुई। इसके बावजूद जिन 14 लोगों के गहनों की पहचान पूरी हो गई थी। उन्हें कोर्ट के निर्देश पर गहने सौंप दिए गए। 41 लॉकर काटे गए थे, 38 में था सामानइंडियन ओवरसीज बैंक की चिनहट शाखा में 22/23 दिसंबर 2024 की रात सात बदमाशों ने बैंक की पिछली दीवार में सेंध लगाकर वारदात को अंजाम दिया था। बदमाश बैंक के भीतर लॉकर रूम तक पहुंचे और कुल 41 लॉकर काट डाले। इनमें से तीन लॉकर खाली थे, जबकि 38 लॉकर में गहने, नकदी और जरूरी दस्तावेज रखे थे। बदमाश सारा सामान समेटकर बैंक से कुछ दूरी पर खड़ी बाइक से फरार हो गए थे। सुबह घटना की जानकारी होते ही इलाके में हड़कंप मच गया। मौके पर पुलिस के साथ क्राइम टीम, फोरेंसिक यूनिट और डॉग स्क्वॉड ने पहुंचकर जांच शुरू की। पीड़ितों की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया। मुठभेड़ में दो ढेर, एक घायल, एक ने की आत्महत्याजांच के दौरान पुलिस ने दो आरोपितों को मुठभेड़ में मार गिराया, जबकि एक बदमाश पुलिस एनकाउंटर में घायल हुआ। एक अन्य आरोपित ने पुलिस से बचने के लिए ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या कर ली। इसके अलावा तीन आरोपितों को पुलिस ने गिरफ्तार किया। इनके कब्जे से भारी मात्रा में गहने और अन्य सामान बरामद किया गया। बैंक के पास लॉकर में रखे सामान का कोई रिकॉर्ड मौजूद नहीं था। ऐसे में बरामद गहनों को चिनहट थाने के मालखाने में जमा कराया गया और असली मालिकों की पहचान कराने के लिए एसआईटी का गठन किया गया। गहनों की पहचान पूरी होने के बाद जांच टीम ने रिपोर्ट कोर्ट में सौंपी। इंस्पेक्टर बोले- बाकी की प्रक्रिया जारी इंस्पेक्टर दिनेश चंद्र मिश्रा ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर मंगलवार को 14 लोगों को कानूनी प्रक्रिया के बाद उनके गहने लौटा दिए गए हैं। बाकी पीड़ितों के गहनों की पहचान और दस्तावेजी प्रक्रिया चल रही है। लोगों को उम्मीद है कि जल्द ही उन्हें भी उनका सामान वापस मिल जाएगा।
मेरठ में अज्ञात वाहन की टक्कर से मजदूर की मौत:पुलिस सीसीटीवी फुटेज से कर रही चालक की तलाश
मेरठ के टीपीनगर थाना क्षेत्र में बागपत रोड स्थित ऋषिनगर पुलिया के पास एक सड़क हादसे में मजदूर राजू उर्फ त्रिरि की मौत हो गई। उसे एक अज्ञात तेज रफ्तार वाहन ने टक्कर मार दी थी, जिसके बाद इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। पुलिस ने अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। राजू उर्फ त्रिरि मूल रूप से झारखंड के सिरिमाड़ी क्षेत्र का निवासी था। वह मेरठ के माधवपुरम में अपने रिश्तेदार संतोष त्रिरि के साथ रहकर मजदूरी करता था। रविवार दोपहर वह खाना खाने के लिए निकला था, तभी मलियाना पुल के पास ऋषिनगर पुलिया के नजदीक एक तेज रफ्तार वाहन ने उसे टक्कर मार दी। हादसे के बाद चालक वाहन समेत मौके से फरार हो गया। आसपास मौजूद लोगों ने गंभीर रूप से घायल राजू को तुरंत सुभारती अस्पताल पहुंचाया। उसकी हालत नाजुक बनी हुई थी और मंगलवार को उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। टीपीनगर पुलिस ने मृतक के परिजनों की तहरीर पर अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। पुलिस अब आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। हादसे के समय गुजरने वाले वाहनों की जानकारी के आधार पर आरोपी की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है। मृतक के शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद परिजनों को सौंप दिया गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही वाहन और चालक की पहचान कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सोनीपत में जमीन विवाद में बहन की हत्या:भाई ने डंडों से पीट-पीटकर मारा, केस दर्ज; पुलिस जांच में जुटी
सोनीपत जिले के गोहाना क्षेत्र के गांव शामड़ी में जमीन विवाद ने रिश्तों को शर्मसार कर दिया। खेत की डोल से पेड़ काटने को लेकर हुए झगड़े में एक भाई ने अपनी ही बहन की डंडों से पीट-पीटकर हत्या कर दी। मृतका की पहचान 58 वर्षीय संतोष के रूप में हुई है। गंभीर रूप से घायल अवस्था में उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि संतोष और उसके भाई रोहताश के खेत आपस में सटे हुए हैं। सोमवार को रोहताश खेत की डोल से पेड़ काट रहा था, जिसका संतोष ने विरोध किया। इसी बात को लेकर दोनों में पहले कहासुनी हुई, जो बाद में हिंसक झगड़े में बदल गई। आरोप है कि रोहताश ने संतोष पर डंडों से बेरहमी से हमला कर दिया। उसके हाथ-पैर और शरीर पर गंभीर चोटें आईं। अस्पताल में घायल की मौत ग्रामीणों की सूचना पर संतोष को भगत फूल सिंह राजकीय महिला मेडिकल कॉलेज, खानपुर कलां ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतका के दूसरे भाई दिलबाग ने घटना की सूचना मिलने के बाद अस्पताल पहुंचकर पोस्टमार्टम कराने की मांग की। मंगलवार शाम को आई पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण हेमरेजिक शॉक बताया गया है, जो शरीर पर आई गंभीर चोटों के कारण हुआ। रिपोर्ट और डॉक्टरों की राय के आधार पर पुलिस ने आरोपी भाई रोहताश के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। मुंडलाना चौकी प्रभारी संजय कुमार ने बताया कि पेड़ काटने के विरोध में डंडों से मारपीट की गई थी और मामले की गहनता से जांच की जा रही है। पुलिस के अनुसार संतोष अविवाहित थी और गांव में अकेली रहती थी। उसके नाम कृषि भूमि भी है। जमीन और खेत की डोल को लेकर विवाद को ही वारदात की मुख्य वजह माना जा रहा है। पुलिस आरोपी से पूछताछ की तैयारी कर रही है।
खगड़िया में सड़क हादसे में युवक की मौत:एक गंभीर घायल, चाचा-भतीजा बाइक पर थे सवार
खगड़िया के बेलदौर थाना क्षेत्र में मंगलवार को सरकपुर गांव के पास हुए एक सड़क हादसे में एक युवक की मौत हो गई, जबकि एक अन्य गंभीर रूप से घायल हो गया। मृतक की पहचान धर्मेंद्र कुमार के रूप में हुई है, वहीं घायल अजय तांती की हालत नाजुक बनी हुई है। घटना में जान गंवाने वाले धर्मेंद्र कुमार (पिता पृथ्वी तांती) और गंभीर रूप से घायल अजय तांती (पिता शनिश्चर तांती) आपस में चाचा-भतीजा बताए जा रहे हैं। दोनों मोटरसाइकिल पर सवार थे। हायर सेंटर रेफर करने की तैयारी की जा रही हादसे के बाद स्थानीय लोगों की मदद से दोनों घायलों को बेलदौर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) ले जाया गया। पीएचसी में ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक डॉ. एच. एन. शर्मा ने धर्मेंद्र कुमार को बचाने का हर संभव प्रयास किया, लेकिन उनकी जान नहीं बचाई जा सकी। अजय तांती को बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर करने की तैयारी की जा रही है। बताया जा रहा है कि धर्मेंद्र कुमार अपने तीन भाइयों में सबसे बड़े थे। दो वर्ष पूर्व इसी स्थान पर उनके छोटे भाई की भी सड़क दुर्घटना में मौत हो चुकी थी। इस घटना से परिवार पर गहरा दुख पड़ा है। मौत की पुष्टि के लिए परिजन शव को लेकर एक अन्य अस्पताल भी गए। ''मामले की जांच की जा रही'' बेलदौर थानाध्यक्ष अजीत कुमार ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। वहीं, मंगलवार देर शाम बेलदौर प्रखंड क्षेत्र के पनसलवा–बेलदौर पीडब्ल्यूडी सड़क पर रोहियामा पुल से दक्षिण-पश्चिम दिशा में स्थित तीखे मोड़ के पास एक और दर्दनाक सड़क हादसा हुआ। तेज रफ्तार और बेकाबू मोटरसाइकिल की टक्कर एक अज्ञात ठेला से हो गई, जिसमें बाइक सवार दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। 112 की टीम और स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची घायलों की पहचान तेलिहार पंचायत अंतर्गत रामनगर निवासी इंद्रदेव चौधरी के बेटा मिथुन कुमार और भिखारी चौधरी के बेटा गोलू कुमार के रूप में की गई है। सूचना मिलते ही 112 की टीम और स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों को इलाज के लिए बेलदौर पीएचसी लाया गया।चिकित्सकों के अनुसार गोलू कुमार का दाहिना पैर घुटने के ऊपर से बुरी तरह फ्रैक्चर हो गया है, जबकि मिथुन कुमार को भी शरीर के कई हिस्सों में गंभीर चोटें आई हैं। दोनों की हालत चिंताजनक होने के कारण उन्हें तत्काल हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। स्थानीय लोगों के अनुसार, गोलू कुमार का तिलक समारोह मंगलवार को ही संपन्न हुआ था और आगामी 6 फरवरी को उसकी शादी होनी थी। इस हादसे से परिवार और गांव में कोहराम मच गया है। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि दोनों युवक कथित तौर पर शराब के नशे में तेज रफ्तार से बाइक चला रहे थे, तभी तीखे मोड़ पर सामने आए ठेला से उनकी जोरदार टक्कर हो गई। हादसों का हॉटस्पॉट बना तीखा मोड़ गौरतलब है कि यह तीखा मोड़ पहले से ही हादसों के लिए कुख्यात रहा है। करीब एक माह पूर्व इसी स्थान पर सड़क दुर्घटना में तीन लोगों की मौत हो चुकी है। इससे पहले बेलदौर थाना में कार्यरत एक चौकीदार की भी जान इसी मोड़ पर गई थी। इसके बावजूद अब तक न तो गति नियंत्रण के उपाय किए गए हैं और न ही चेतावनी संकेतक लगाए गए हैं। लगातार हो रही दुर्घटनाओं से आक्रोशित स्थानीय लोगों ने प्रशासन से इस खतरनाक मोड़ पर स्पीड ब्रेकर, संकेतक बोर्ड, स्ट्रीट लाइट और अन्य सुरक्षा इंतजाम जल्द करने की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसे दर्दनाक हादसों को रोका जा सके।
मिर्जापुर में मां विन्ध्यवासिनी विश्वविद्यालय से संबद्ध महाविद्यालयों में स्नातक प्रथम सेमेस्टर की परीक्षा मंगलवार से शुरू हो गई। यह इस सत्र से आरंभ हुई विश्वविद्यालय की पहली परीक्षा है। पहले ही दिन दोनों पालियों में कुल 391 विद्यार्थी परीक्षा में अनुपस्थित रहे। विश्वविद्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, पहली पाली में 285 छात्र अनुपस्थित रहे। जबकि दूसरी पाली में 106 विद्यार्थी गैरहाजिर रहे। पहली पाली में 5,431 और दूसरी पाली में 2,722 छात्र-छात्राएं परीक्षा में शामिल हुए। विश्वविद्यालय ने नकल विहीन, शांतिपूर्ण और निष्पक्ष परीक्षा सुनिश्चित करने की व्यवस्था की है। परीक्षा की शुचिता, पारदर्शिता और सुचारु संचालन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. शोभा गौड़ ने विभिन्न परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। इस दौरान उनके साथ विश्वविद्यालय के वित्त अधिकारी गिरीश कुमार और कुलसचिव श्रीराम नारायण भी उपस्थित रहे। कुलपति ने पहली पाली में मिर्जापुर के घनश्याम बिनानी एकेडमी ऑफ मैनेजमेंट, जी.डी. बिनानी पी.जी. कॉलेज, माँ विन्ध्यवासिनी महाविद्यालय, कमला देवी आर्य कन्या पी.जी. कॉलेज और के.बी. पी.जी. कॉलेज का स्थलीय निरीक्षण किया। दूसरी पाली में उन्होंने भदोही स्थित चार परीक्षा केंद्रों का दौरा किया। इनमें केशव प्रसाद राल्ही महाविद्यालय, फलाए उम्मत पीजी कॉलेज और काशी नरेश राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय प्रमुख थे। निरीक्षण के दौरान कुलपति ने सामने आई कुछ छोटी-मोटी व्यावहारिक समस्याओं का त्वरित समाधान कराया। उन्होंने केंद्राध्यक्षों और परीक्षा से जुड़े सभी कार्मिकों को विश्वविद्यालय की परीक्षा नियमावली के अनुरूप निष्पक्ष, पारदर्शी और सुव्यवस्थित ढंग से परीक्षा संपन्न कराने के निर्देश दिए। कुलपति प्रो. शोभा गौड़ ने बताया कि विश्वविद्यालय प्रशासन परीक्षाओं की गुणवत्ता और विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए लगातार निगरानी कर रहा है, ताकि परीक्षार्थियों को शांत, सुरक्षित और अनुकूल वातावरण मिल सके।
बड़वानी जिले के राजपुर थाना क्षेत्र में 7 वर्षीय आदिवासी बच्ची की हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। बच्ची का शव इंदिरा सागर नहर से बरामद किया गया। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में दुष्कर्म की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने हत्या, दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट की धाराओं में केस दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार, सोमवार को खड़कल गांव के पास नहर में एक बच्ची का शव दिखाई देने की सूचना मिली थी। ग्रामीणों की मदद से शव को बाहर निकाला गया और तत्काल पुलिस को सूचना दी गई। जांच में सामने आया कि बच्ची उसी दिन सुबह से अपने घर से लापता थी, जिसकी परिजन लगातार तलाश कर रहे थे। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में दुष्कर्म की पुष्टिशुरुआती जांच के बाद शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया। मंगलवार रात आई पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में बच्ची के साथ दुष्कर्म और शरीर पर गंभीर चोटों के निशान मिलने की पुष्टि हुई। इसके बाद पुलिस ने मामले को गंभीर अपराध मानते हुए संबंधित धाराओं में प्रकरण दर्ज किया। पुलिस ने संदिग्धों को हिरासत में लियापुलिस को आशंका है कि वारदात किसी परिचित व्यक्ति द्वारा की गई हो सकती है। राजपुर थाना प्रभारी ने बताया कि संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है और जल्द ही मामले का खुलासा किया जाएगा। पुलिस ने इलाके में अतिरिक्त बल तैनात किया है।
जशपुर जिला प्रशासन ने स्कूलों के 100 मीटर के दायरे में तंबाकू और गुटखा उत्पादों की बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के निर्देश दिए हैं। यह निर्णय नशा नियंत्रण, सड़क सुरक्षा और नए कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर आयोजित जिला स्तरीय समीक्षा बैठक में लिया गया। कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित जिला स्तरीय एन-कार्ड, सड़क सुरक्षा समिति और नए कानूनों के क्रियान्वयन संबंधी बैठक की अध्यक्षता कलेक्टर रोहित व्यास ने की। बैठक में जिले के नवनियुक्त डीआईजी एवं एसएसपी लाल उमेद सिंह विशेष रूप से उपस्थित रहे। नशा नियंत्रण और जनस्वास्थ्य पर सख्त निर्देश बैठक में नशा नियंत्रण, जनस्वास्थ्य, दुर्घटना प्रबंधन और जनजागरूकता से जुड़े मुद्दों पर गहन चर्चा हुई। कलेक्टर ने मादक पदार्थों की तस्करी पर कड़ी निगरानी रखने, चेकिंग अभियान तेज करने और जनजागरूकता बढ़ाने के निर्देश दिए। कोटपा एक्ट के तहत लगातार और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। स्कूल परिसरों के आसपास पान ठेलों का होगा सर्वे एसएसपी लाल उमेद सिंह ने शिक्षा विभाग को निर्देश दिए कि एक सप्ताह के भीतर स्कूल परिसरों के आसपास स्थित पान ठेलों का सर्वे कर रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए, ताकि प्रभावी अभियान चलाकर तंबाकू बिक्री पर रोक लगाई जा सके। मेडिकल स्टोर्स और अवैध दवाओं पर सख्त कार्रवाई ड्रग इंस्पेक्टर को मेडिकल स्टोर्स की गहन जांच कर अवैध और नशीली दवाइयों के मिलने पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने सहायक आयुक्त आदिवासी विकास को आश्रम-छात्रावासों के 100 मीटर के दायरे में तंबाकू उत्पादों की बिक्री की जानकारी एकत्र कर कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। वहीं आबकारी विभाग को हाईवे किनारे स्थित होटल-ढाबों में अवैध शराब बिक्री की जांच कर कठोर कार्रवाई के निर्देश दिए गए। नशे के कारण निलंबित कर्मचारियों के लिए सख्त नियम नशे के कारण निलंबित विभागीय अधिकारी-कर्मचारियों को निलंबन बहाली से पूर्व अनिवार्य रूप से एक माह तक नशा मुक्ति केंद्र में उपचार लेने के निर्देश दिए गए। नगर पंचायत और नगर पालिका क्षेत्रों में नशीली दवाइयों, सिरिंज और शराब की बोतलों जैसे अवशेष मिलने वाले गुप्त स्थलों की पहचान कर रोकथाम एवं स्वच्छता अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। सड़क सुरक्षा पर विशेष जोर, ब्लैक स्पॉट की होगी पहचान सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में जिले में सड़क दुर्घटनाओं से होने वाली जनहानि के आंकड़ों की समीक्षा की गई। दुर्घटना संभावित ब्लैक स्पॉट की पहचान कर सूची तैयार करने और सभी ड्राइवरों को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। हेलमेट, सीट बेल्ट और ओवरस्पीडिंग पर सख्ती दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाने, हेलमेट और सीट बेल्ट का सख्ती से पालन कराने और ओवरस्पीडिंग-शराब पीकर वाहन चलाने वालों पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए गए। सभी विभागों को यह सुनिश्चित करने को कहा गया कि उनका स्टाफ दोपहिया वाहन चलाते समय अनिवार्य रूप से हेलमेट पहने। ग्रामीण क्षेत्रों में रिफ्लेक्टिव स्टीकर और विशेष अभियान ग्रामीण क्षेत्रों में ट्रैक्टर-ट्रॉलियों और अन्य वाहनों पर रिफ्लेक्टिव स्टीकर लगाने तथा आरटीओ बैरियर पर विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। बैठक में नए कानूनों के तहत हिट एंड रन योजना पर चर्चा की गई। इसके तहत दुर्घटना पीड़ितों के लिए डेढ़ लाख रुपये तक की कैशलेस इलाज व्यवस्था की जानकारी आमजन तक पहुंचाने के निर्देश दिए गए। राहगीर योजना का होगा व्यापक प्रचार राहगीर योजना के अंतर्गत गोल्डन आवर में दुर्घटना पीड़ित को अस्पताल पहुंचाकर जान बचाने वालों को 25 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि दिए जाने की जानकारी का व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए गए। एम्बुलेंस और आपात सेवाएं होंगी और मजबूत जिले की सभी एम्बुलेंस को 247 सक्रिय रखने और सूचना मिलते ही त्वरित पहुंच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। सभी एसडीएम और सीएमएचओ को इसकी नियमित मॉनिटरिंग करने को कहा गया। हर पंचायत में आपात वाहन चिह्नित करने के निर्देश प्रत्येक पंचायत में दुर्घटना की स्थिति में उपयोग के लिए एक वाहन चिह्नित कर उसका ड्राइवर और वाहन नंबर प्रदर्शित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही नगर सैनिकों और शासकीय ड्राइवरों को फर्स्ट एड और सीपीआर का प्रशिक्षण देने तथा हाईवे टोल फ्री नंबर 1033 को पूरी तरह सक्रिय रखने के निर्देश भी दिए गए।
बलिया में युवक का गढ्ढे में मिला शव:घर से 11 जनवरी से लापता था, जांच में जुटी पुलिस
बलिया के रेवती थाना क्षेत्र अंतर्गत गायघाट-अतरडरिया तिराहा के समीप मंगलवार शाम एक गढ्ढे में एक युवक का शव मिलने से हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर शिनाख्त के प्रयास शुरू किए। शव की पहचान सहतवार थाना क्षेत्र के कुशहर गांव निवासी 40 वर्षीय शिवशंकर नट पुत्र श्री नट के रूप में हुई। इसके बाद पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। बताया जा रहा है कि शिवशंकर बीते 11 जनवरी से अपने घर से गायब थे। इस संबंध में उनकी पत्नी रिन्कू देवी ने सहतवार थाना में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मंगलवार शाम अतरडरिया गायघाट तिराहा के समीप एक महिला भूसा सहेज रही थी, तभी उसने गढ्ढे में शव को उतराया देखा। महिला ने तत्काल इसकी सूचना स्थानीय लोगों और डायल 112 पुलिस को दी। थानाध्यक्ष राजेश बहादुर सिंह मौके पर पहुंचे और शव को बाहर निकाला। पुलिस ने आसपास के लोगों से शव के संबंध में पूछताछ की। इसी दौरान मृतक के परिजनों को भी सूचना मिली और उन्होंने घटनास्थल पर पहुंचकर शव की शिनाख्त की। पुलिस द्वारा शव को कब्जे में लेकर विधिक कार्यवाही की जा रही है। मृतक शिवशंकर नट के पांच बच्चे हैं, जिनमें चार लड़कियां और एक लड़का शामिल है।
सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को एसिड अटैक मामलों में दोषियों के कड़ी सजा की जरूरत पर सुनवाई की। कोर्ट ने कहा- जब तक सजा आरोपी के लिए दर्दनाक नहीं होगी, ऐसे अपराध रुकने वाले नहीं हैं। सीजेआई सूर्यकांत, जस्टिस आर. महादेवन, जस्टिस जॉयमाल्या बागची की बेंच ने कहा- यहां सुधारवादी दंड सिद्धांत की कोई जगह नहीं है। ऐसे मामलों में दहेज हत्या की तरह आरोपी को ही अपनी बेगुनाही साबित करनी पड़ सकती है। बेंच ने कहा कि केंद्र सरकार कानून बदलने पर विचार करे। 4 हफ्ते में सभी राज्य और केंद्र शासित प्रदेश एसिड अटैक मामलों से जुड़े आंकड़े दें। इनमें साल दर साल दर्ज मामलों की संख्या, कोर्ट में उनकी स्थिति और पीड़ितों के पुनर्वास से जुड़े कदमों की जानकारी शामिल करे। सीजेआई ने सवाल किया कि दोषियों की संपत्ति जब्त कर पीड़ितों को मुआवजा देने पर क्यों नहीं विचार किया जा सकता। बेंच ने हरियाणा की शाहीना मलिक की दायर जनहित याचिका पर सुनवाई की। शाहीना मलिक खुद एसिड अटैक सर्वाइवर हैं। कोर्ट ने यह जानकारी भी मांगी याचिकाकर्ता बोली- सभी आरोपी बरी हुए याचिकाकर्ता शाहीना मलिक ने कोर्ट को बताया कि उनके मामले में सभी आरोपी बरी हो चुके हैं। इसके खिलाफ उन्होंने दिल्ली हाईकोर्ट में अपील दायर की है। कोर्ट ने शाहीन की स्थिति को देखते हुए उन्हें मुफ्त कानूनी मदद देने की पेशकश की। साथ ही हा कि शाहीन अपनी पसंद के अच्छे वकीलों की सेवाएं ले सकती हैं। एसिड अटैक के दौरान 26 साल की थीं शाहीना शाहीना के मुताबिक एसिड अटैक के वक्त उनकी उम्र 26 साल थी। अब वे 42 साल की हैं। अभी भी अंतिम फैसले का इंतजार कर रही हैं। उन्होंने कहा कि 16 साल तक अदालतों के चक्कर लगाने के बाद भी आरोपियों को बरी कर दिया गया। यह बहुत ही निराशाजनक है। यूपी में सबसे ज्यादा 138 मामले पेंडिंग सुप्रीम कोर्ट ने बताया कि अब तक 15 हाईकोर्ट से एसिड अटैक मामलों से जुड़े पेंडिस केस की जानकारी मिली है। आंकड़ों के मुताबि उत्तर प्रदेश में 198, गुजरात में 114, पश्चिम बंगाल में 60, बिहार में 68 और महाराष्ट्र में 58 मामले अब भी पेंडिग हैं। कोर्ट ने कहा कि इन आंकड़ों को देखते हुए हाईकोर्ट से ऐसे मामलों की सुनवाई को प्राथमिकता देने की बात कही है। साथ ही तय समय में निपटाने पर विचार करने का कहा गया है। सभी राज्य विधिक सेवा प्राधिकरणों को भी पीड़ितों के पुनर्वास, मुआवजा और इलाज से जुड़ी योजनाओं का ब्योरा देने का निर्देश दिया दिया है। इससे पहले 4 दिसंबर को कोर्ट ने सभी हाईकोर्ट से देशभर में लंबित ऐसे मामलों की जानकारी मांगी थी। देशभर में 844 एसिड अटैक केस लंबित हैं राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) की 2025 में जारी रिपोर्ट के मुताबिक विभिन्न अदालतों में एसिड अटैक से जुड़े 844 केस लंबित हैं। ये आंकड़े वर्ष 2023 तक के हैं। एनसीआरबी के मुताबिक देश में 2021 के बाद से एसिड अटैक के मामले लगातार बढ़े हैं। फ्लोरिडा इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी की 2024 की रिपोर्ट के मुताबिक, भारत में एसिड अटैक के सालाना 250 से 300 केस दर्ज होते हैं। असल संख्या 1,000 से अधिक हो सकती है। कई मामले डर, सामाजिक दबाव और कानूनी झंझटों के कारण रिपोर्ट नहीं किए जाते। NCRB की रिपोर्ट के मुताबिक मध्य प्रदेश में 2018 से 2023 तक एसिड अटैक के 52 केस दर्ज हुए हैं। …………………………. सुप्रीम कोर्ट से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… सुप्रीम कोर्ट में महाकाल मंदिर की वीआईपी दर्शन याचिका खारिज: हाईकोर्ट का फैसला बरकरार रखा; गर्भगृह में किसे प्रवेश मिलेगा कलेक्टर ही तय करेंगे सुप्रीम कोर्ट ने 27 जनवरी को उज्जैन के ज्योतिर्लिंग महाकालेश्वर मंदिर के गर्भगृह में नेताओं और वीआईपी को प्रवेश देने का मामले पर सुनवाई की। कोर्ट ने कहा- हाईकोर्ट के आदेश में हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया और याचिका खारिज कर दी। इसके साथ ही इंदौर हाईकोर्ट का फैसला महाकाल मंदिर समिति पर लागू रहेगा, जिसमें उज्जैन कलेक्टर को यह अधिकार दिया गया था कि वे तय करें कि कौन वीआईपी है और कौन नहीं। पूरी खबर पढ़ें…
पंजाब के पूर्व मंत्री व सीनियर अकाली नेता बिक्रम सिंह मजीठिया पर दर्ज आय से अधिक संपत्ति मामले में गिरफ्तार हरप्रीत सिंह गुलाटी के खिलाफ विजिलेंस ब्यूरो ने मोहाली कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की है। विजिलेंस ने सप्लीमेंट्री चार्जशीट दाखिल की है। यह चार्जशीट 11 हजार पन्नों की है। ट्रंक लेकर विजिलेंस कोर्ट पहुंची थी। चार्जशीट में मजीठिया और गुलाटी के लेन- देन का ब्योरा बताया गया है। इस मामले की अगली सुनवाई 31 जनवरी को होगी। 30 नवंबर को हुई थी गिरफ्तारी गौरतलब है कि विजिलेंस ब्यूरो ने 30 नवंबर को हरप्रीत सिंह गुलाटी को गिरफ्तार किया था। इसके बाद पहले रिमांड पर लेकर उससे पूछताछ की गई थी, लेकिन अब विजिलेंस दोबारा कोर्ट पहुंच गई है। विजिलेंस की दलील है कि जांच के दौरान कुछ नए बिंदू सामने आए हैं, ऐसे में आरोपी से पूछताछ जरूरी है। वहीं, बचाव पक्ष ने इसका विरोध किया। सभी पक्षों को सुनने के बाद कोर्ट ने 6 जनवरी को दोबारा सुनवाई करने का फैसला लिया है। दो जनवरी को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई विजिलेंस ब्यूरो ने आय से अधिक संपत्ति मामले में बिक्रम सिंह मजीठिया को 25 जून 2025 को अमृतसर स्थित उनके घर से गिरफ्तार किया था। विजिलेंस इस मामले में उनके खिलाफ चालान पेश कर चुकी है। वहीं, मजीठिया की जमानत याचिका मोहाली जिला कोर्ट और पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट से खारिज हो चुकी है। इसके बाद वह जमानत के लिए सुप्रीम कोर्ट पहुंचे हैं। इस मामले में 19 जनवरी को सुप्रीम कोर्ट मे सुनवाई हुई थी। इस सरकार की ओर से जवाब दाखिल करने के लिए समय मांगा गया। सरकार ने दो हफ्ते का समय मांगा है। वहीं, अदालत ने मजीठिया को जेल में खतरे को लेकर सवाल भी उठाया। अब इस मामले की अगली सुनवाई 2 फरवरी को होगी।
कैमूर के चांद थाना क्षेत्र अंतर्गत सिरहिरा गांव में एक व्यक्ति की हत्या का मामला सामने आया है। नशे के आदी बेटा नन्हकू बिंद ने अपने पिता सिरी बिंद की लाठी से पीट-पीटकर हत्या कर दी। यह घटना 29 मई 2025 की शाम को हुई। पुलिस के अनुसार, नन्हकू ने अपने झोपड़ीनुमा मकान में पिता से पैसे मांगे थे। पैसे देने से इनकार करने पर दोनों के बीच विवाद बढ़ गया। गुस्से में नन्हकू ने लाठी से सिरी बिंद के चेहरे और सिर पर कई वार किए, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी शुरुआत में इस मामले में अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी। पुलिस की गहन जांच में खुलासा हुआ कि नन्हकू नशे का आदी था और अक्सर अपने पिता से पैसों की मांग करता रहता था। इसी विवाद के कारण उसने अपने पिता की हत्या कर दी। अभियुक्त नन्हकू बिंद को गिरफ्तार कर लिया गया एसडीपीओ मनोरंजन भारती ने मंगलवार को एक प्रेस वार्ता में बताया कि अभियुक्त नन्हकू बिंद को गिरफ्तार कर लिया गया है। पूछताछ के दौरान उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। पुलिस ने आरोपी नन्हकू बिंद को कानूनी कार्रवाई पूरी करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
छत्तीसगढ़ स्टेट क्रिकेट संघ (CSCS) की ओर से महिला क्रिकेट खिलाड़ियों के लिए अंडर-15 और अंडर-19 वर्ग के चयन ट्रायल आयोजित किए जा रहे हैं। ये ट्रायल 29 जनवरी 2026 को सुबह 8 बजे से रायपुर के आरडीसीए ग्राउंड, तेलीबांधा में होंगे। यह चयन प्रक्रिया सीजन 2026-27 के लिए की जा रही है। कौन ले सकता है ट्रायल में हिस्सा (कट-ऑफ डेट) अंडर-15 वर्ग: जिन खिलाड़ियों का जन्म 01 सितंबर 2011 से 31 अगस्त 2014 के बीच हुआ हो। अंडर-19 वर्ग: जिन खिलाड़ियों का जन्म 01 सितंबर 2007 या उसके बाद हुआ हो। ट्रायल के लिए जरूरी दस्तावेज ट्रायल में शामिल होने के लिए खिलाड़ियों को नीचे दिए गए सभी दस्तावेज साथ लाना अनिवार्य होगा— आयोजन स्थल और समय स्थान: आरडीसीए ग्राउंड, तेलीबांधा, रायपुर तारीख: 29 जनवरी 2026 समय: सुबह 8 बजे
लखीमपुर के एक लाख रुपए के इनामी बदमाश आजम खान उर्फ तालिब के एनकाउंटर मामले में मजिस्ट्रेटियल जांच शुरू कर दी गई है। सुल्तानपुर के जिलाधिकारी कुमार हर्ष ने इस मामले की जांच के लिए एसडीएम सदर विपिन द्विवेदी को जांच अधिकारी नियुक्त किया है। एसडीएम सदर विपिन द्विवेदी ने एनकाउंटर से जुड़े तथ्यों और साक्ष्यों को एकत्र करने के लिए सार्वजनिक सूचना जारी की है। उन्होंने बताया कि कोई भी व्यक्ति इस मामले से संबंधित साक्ष्य 5 फरवरी तक किसी भी कार्यदिवस में उनके कार्यालय में प्रस्तुत कर सकता है। यह एनकाउंटर 5 जनवरी को सुल्तानपुर के लंभुआ कोतवाली क्षेत्र में हुआ था। पुलिस के अनुसार, सुल्तानपुर और लखीमपुर खीरी पुलिस की संयुक्त टीम ने बदमाश को घेर लिया था। इस दौरान बदमाश ने पुलिस टीम पर फायरिंग की, जिसके जवाब में पुलिस की गोली लगने से वह घायल हो गया। घायल बदमाश को तत्काल सीएचसी ले जाया गया, जहां से उसकी गंभीर हालत को देखते हुए सुल्तानपुर राजकीय मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। मेडिकल कॉलेज में डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक की पहचान तालिब उर्फ आजम खान (26 ) पुत्र गफ्फार खान, निवासी गौरिया, थाना फरधान, जनपद लखीमपुर खीरी के रूप में हुई है। उस पर गौकशी, लूट, वाहन चोरी और गैंगरेप जैसे गंभीर अपराधों सहित 17 से अधिक मुकदमे दर्ज थे। उस पर एक लाख रुपए का इनाम घोषित था। पुलिस के मुताबिक, मुठभेड़ के समय तालिब अपने एक साथी के साथ बाइक से वाराणसी जा रहा था। पुलिस कार्रवाई के दौरान उसका साथी बाइक लेकर मौके से फरार हो गया। पुलिस ने बदमाश के कब्जे से .32 बोर की पिस्टल और .315 बोर का तमंचा बरामद करने का दावा किया है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में तीन डॉक्टरों के पैनल ने पुष्टि की है कि बदमाश के सीने में दो गोलियां लगी थीं। फिलहाल, पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए मजिस्ट्रेटियल जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
निवाड़ी जिले में बिगड़ती कानून व्यवस्था और संभावित तनाव को देखते हुए प्रशासन ने सख्त कदम उठाया है। कलेक्टर ने धारा 163 (पूर्व में धारा 144) लागू करने के आदेश जारी किए हैं। इसके तहत अब पूरे जिले में बिना प्रशासनिक अनुमति के धरना, प्रदर्शन, जुलूस या रैली निकालने पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है। भीम आर्मी के प्रदर्शन से पहले बढ़ी सख्ती बता दें कि, आजाद समाज पार्टी और भीम आर्मी ने बुधवार को एक बड़े विरोध प्रदर्शन की घोषणा की है। भीम आर्मी के जिला अध्यक्ष प्रमोद अहिरवार की अमर सिंह पाल हत्याकांड में हुई गिरफ्तारी के विरोध में कार्यकर्ता सड़कों पर उतरने की तैयारी में हैं। भीम आर्मी पुलिस की इस कार्रवाई को पक्षपातपूर्ण बता रही है, जबकि पुलिस ने प्रमोद और अनिल अहिरवार को हत्याकांड का आरोपी मानकर जेल भेजा है। जबकि, कलेक्टर द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि पिछले कुछ समय से विभिन्न संगठन बिना पूर्व सूचना के भीड़ जुटाकर प्रदर्शन कर रहे थे। पुलिस अधीक्षक डॉ. राय सिंह नरवरिया ने रिपोर्ट दी थी कि समय और मार्ग स्पष्ट न होने के कारण यातायात व्यवस्था चरमरा रही थी और शांति भंग होने का खतरा बना हुआ था। इसी को ध्यान में रखते हुए अब किसी भी आयोजन के लिए विधिवत अनुमति लेना अनिवार्य कर दिया गया है। नियम तोड़ने पर होगी सख्त कार्रवाई नए प्रतिबंधों के अनुसार, जिले में कहीं भी बिना सूचना के भीड़ जमा करने या विरोध दर्ज कराने पर मनाही है। भीड़भाड़ वाले इलाकों में लाठी, डंडे या किसी भी तरह के हथियार लेकर चलने और तेज आवाज में डीजे बजाने पर भी प्रतिबंध रहेगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई भी इन आदेशों का उल्लंघन करता है, तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
बिहार सरकार ने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष राजेश कुमार की सुरक्षा हटा दी है। कांग्रेस के दूसरे नेता मदन मोहन झा और राजद नेता उदय नारायण चौधरी की सुरक्षा वापस की गई है। बिहार सरकार ने 21 नेताओं के सुरक्षा श्रेणी में बदलाव किए हैं। बिहार सरकार ने सत्ताधारी दलों के नेताओं पर मेहरबानी दिखाते हुए सुरक्षा श्रेणी में इजाफा की है। सरकार ने अपने नेताओं की सुरक्षा बढ़ाई वहीं विरोधियों को मिल रही सुरक्षा में कटौती कर दी है। कटौती किए जाने वाले नाम में बड़े चेहरे शामिल हैं। शॉटगन शत्रुघ्न सिन्हा नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव जैसे नाम शामिल हैं। वह नाम जिनका सुरक्षा में कटौती की गई 1. नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की सुरक्षा जेड में कटौती की गई। इन्हें अब वाय प्लस विथ एस्कॉर्ट दी जाएगी। 2. पूर्व सांसद शत्रुघ्न सिन्हा को जेड श्रेणी की सुरक्षा के बजाय अब वाई श्रेणी की सुरक्षा मिलेगी। 3. पूर्व केंद्रीय मंत्री और सांसद पशुपति पारस को वाई श्रेणी की सुरक्षा को घटाकर एक्स कर दी गई है। 4. पूर्व लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार की सुरक्षा वाई प्लस से हटाकर एक्स कर दी गई है। 5. कटिहार पूर्व विधायक शकील अहमद की सुरक्षा वाई में कटौती कर एक्स की गई है । सत्ताधारी दल से जुड़े नेताओं की सुरक्षा बढ़ाई गई 1.भाजपा के फायर ब्रांड नेता और केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह की सुरक्षा वाई श्रेणी से बदलकर वाई प्लस कर दी गई है। इन्हें सुरक्षा के लिए एस्कॉर्ट भी मिलेगा। 2. भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन जेड सुरक्षा घेरे में रहेंगे। इन्हें सुरक्षा BR व्हीकल के साथ दिया जाएगा। 3. केंद्रीय मंत्री और जदयू के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह को जेड सुरक्षा मुहैया कराई गई है। 4. जदयू प्रवक्ता राजीव रंजन को एक श्रेणी की सुरक्षा दे दी गई है। 5. जदयू नेता एमएलसी संजय कुमार सिंह की भी सुरक्षा में इजाफा किया गया है। उन्हें वाई श्रेणी की सुरक्षा एस्कॉर्ट के साथ दी गई है। 6. भाजपा नेता और नवादा सांसद विवेक कुमार ठाकुर की भी सुरक्षा को अपग्रेड किया गया है। वाई श्रेणी की सुरक्षा को बढ़कर बाय प्लस कर दी गई है। 7. भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी की भी सुरक्षा में इजाफा, इन्हें जेड श्रेणी की सुरक्षा मिलेगी। 8. भाजपा नेता और स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे को जेड श्रेणी की सुरक्षा मिलेगी। 9. जदयू नेता और विधायक भगवान श्री कुशवाहा को वाई श्रेणी की सुरक्षा दी गई है। 10. भाजपा नेता और विधायक नीतीश मिश्र को भी वाई श्रेणी की सुरक्षा दी गई है। 12. तेजस्वी यादव की पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अरुण भारती की सुरक्षा वाई प्लस दी गई है। 13. AI MI M के प्रदेश अध्यक्ष अख्तरुल ईमान की सुरक्षा वाई कर दी गई है।
मोहाली जिले में जीरकपुर के वीआईपी रोड स्थित मिल्टन टावर सोसाइटी में चौथी मंजिल से गिरकर एक युवक की मौत हो गई। पुलिस ने बीएनएस की धारा 194 के तहत मामला दर्ज कर शव का पोस्टमॉर्टम करवाने के बाद परिजनों को सौंप दिया है। बता दे कि मृतक की पहचान मिल्टन टावर के रहने वाले संदीप उर्फ सनी के रूप में हुई है, जो पेशे से रेडीमेड कपड़ों की दुकान चलाता था। वह अपनी एक महिला मित्र से मिलने सोसाइटी आया था। महिला मित्र से मिलने की योजना थी जानकारी के अनुसार, संदीप अपने दोस्त गुरसेवक सिंह के साथ सोसाइटी में मौजूद था। दोनों की एक कॉमन महिला मित्र से मिलने की योजना थी। मुलाकात के दौरान किसी बात को लेकर विवाद हो गया, जिससे मौके पर लोगों की भीड़ इकट्ठा हो गई। चौथी मंजिल से गिरकर मौत प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, विवाद बढ़ने पर संदीप वहां से निकलने की कोशिश कर रहा था। इसी दौरान चौथी मंजिल पर लगी रेलिंग के पास उसका संतुलन बिगड़ गया और वह फिसलकर नीचे गिर पड़ा। उसे गंभीर चोटें आईं और मौके पर ही उसकी मौत हो गई। जांच में जुटी पुलिस घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक जांच में यह एक हादसा प्रतीत हो रहा है, हालांकि सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है।
लखनऊ में यूथ कांग्रेस का विरोध प्रदर्शन। हजरतगंज स्थित भाजपा कार्यालय पर प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष अंकित तिवारी ने प्रदर्शन करते हुए सरकार पर निशाना साधा। इस दौरान उन्होंने यूजीसी का जमकर विरोध करते हुए इसे वापस लेने की मांग किया। साथ ही स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के साथ प्रयागराज मेला प्रशासन के रवैये का जमकर विरोध किया। अंकित ने कहा कि संविधान समान अधिकार, सम्मान और अवसर की गारंटी देता है । लेकिन केन्द्र सरकार के यूजीसी अमेंडमेंट ने युवाओं और छात्रों को आक्रोशित कर दिया है। इसके साथ ही प्रयागराज में शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और संत समाज के अपमान की घटना ने भाजपा की नीयत उजागर कर दी है। यूजीसी के खिलाफ हम लोग सड़क से सदन तक संघर्ष करेंगे। एक भी छात्र के अधिकारों का हनन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। छात्र विरोधी कानून का मुखर होकर हम लोग विरोध करेंगे। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि मौजूदा सरकार सिर्फ लड़ाने का काम कर रही है। प्रयागराज मेले में इतना बड़ा विवाद खड़ा कर दिया । स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के खिलाफ आज दूसरे साधु संत बयान बाजी कर रहे हैं। जो कभी नहीं हुआ वह इस सरकार में हो रहा है एक संत दूसरे संत पर टिप्पणियां कर रहा है। इसके अलावा विश्वविद्यालय में छात्रों को आमने-सामने कर दिया। यह यूजीसी कानून सिर्फ छात्रों को लड़ाने का एक जरिया है। हम कोई भी ऐसा कानून नहीं बर्दाश्त नहीं करेंगे जिससे समाज में फूट पड़े। यूजीसी के काले अधिनियमों के विरोध में हम संविधान की मर्यादा में रहकर शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखेंगे। प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने हिरासत में लेकर इको गार्डन भेजा।
सरगुजा जिले में नेशनल हाईवे-43 पर अंबिकापुर–रायगढ़ मुख्य मार्ग स्थित सेदम में मंगलवार को तेज रफ्तार ट्रक ने सड़क किनारे खड़ी दो छात्राओं को टक्कर मार दी। हादसे में दोनों छात्राएं गंभीर रूप से घायल हो गईं। मामला बतौली थाना क्षेत्र का है। घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश फैल गया। नाराज लोगों ने सड़क पर चक्काजाम कर दिया और वाहनों की गति नियंत्रित करने के लिए स्पीड ब्रेकर निर्माण या बैरिकेड लगाने की मांग की। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभालने का प्रयास किया। जानकारी के अनुसार, मंगलवार को स्वामी आत्मानंद स्कूल की दो छात्राएं स्कूल जाने के लिए सड़क किनारे खड़ी थीं। इसी दौरान तेज रफ्तार ट्रेलर वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी। हादसे में दोनों छात्राएं घायल हो गईं। एक छात्रा की हालत गंभीर मौके पर मौजूद लोगों ने घायल छात्रा हेमा साहू और ऋतिका साहू को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, बतौली पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने स्थिति गंभीर देखते हुए छात्राओं को अंबिकापुर रेफर कर दिया। घायलों को निजी वाहन से अंबिकापुर ले जाया गया, जहां एक छात्रा की हालत गंभीर बताई जा रही है। गुस्साए लोगों ने किया चक्काजाम हादसे के बाद ट्रक लेकर फरार चालक को मंगारी में पकड़ लिया गया। इधर, हादसे से नाराज लोगों ने नेशनल हाईवे पर चक्काजाम कर दिया। ग्रामीणों ने तेज रफ्तार के कारण हो रही लगातार दुर्घटनाओं पर रोक लगाने के लिए हाईवे पर ब्रेकर या बैरिकेड लगाने की मांग की। सूचना मिलते ही मौके पर सीतापुर एसडीएम, एसडीओपी, तहसीलदार बतौली और थाना प्रभारी बतौली पहुंचे। अधिकारियों ने बताया कि नेशनल हाईवे पर स्पीड ब्रेकर बनाना संभव नहीं है, लेकिन बैरिकेड लगाए जा सकते हैं। बैरिकेड लगाने का आश्वासन दिया जल्द ही मौके पर बैरिकेड लगाने का आश्वासन दिया गया। समझाइश के बाद लोगों ने चक्काजाम समाप्त किया। बतौली पुलिस ने मामले में केस दर्ज कर ट्रेलर चालक सत्यम यादव, निवासी उत्तरप्रदेश को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने ट्रेलर जब्त कर लिया है। मामले की जांच जारी है।
टोंक में 15 मिनट तक ओले गिरे:रबी की फसल बर्बाद हुई; किसान बोले- कटाई का समय था
टोंक जिले के उनियारा तहसील क्षेत्र के एक दर्जन से ज्यादा गांवों में ओले पड़ने से किसानों की रबी की फसलें बर्बाद हो गई हैं। पाड़लीया चारण, रसूलपुरा, मोतीपुरा, बांसला, अनवर नगर, रिजोदा समेत एक दर्जन से ज्यादा गांवों में देर शाम करीब सवा 6 बजे से करीब पंद्रह मिनट तक भारी ओले गिरे। ओले गिरने से धरती पर सफेद चादर सी बिछ गई है। इससे रबी की फसलें गेहूं, चना और सरसों को भारी नुकसान पहुंचा है। फसलें कटाई के लिए तैयार थी कई स्थानों पर 100 ग्राम तक के बड़े ओले गिरने से फसलें पूरी तरह नष्ट हो गईं। इसको लेकर किसानों में भारी मायूसी है। किसानों का कहना है कि यह नुकसान ऐसे समय हुआ है जब फसलें कटाई के लिए तैयार थीं। 15-20 दिन बाद सरसों की तो कटाई की जानी थी। इससे पहले प्रकृति की क्रूर नियति ने पल भर में सब छीन लिया। खेती और आधारित किसान पूरी तरह से बर्बाद हो गए है। उन्हें लाखों रुपए की आर्थिक क्षति हुई है। किसानों ने सरकार से सहायता राशि देने की मांग की है। अंडे के आकार के ओले गिरे इस साल आज से पहले तक मौसम काफी सामान्य सा रहा था। फसलें काफी अच्छी थी। किसानों को उम्मीद थी कि इस बार खराब हुई खरीफ की फसल की भरपाई रबी फसलों से हो जाएगा। फसलें भी खेतों में पकने के कगार पर थी। मौसम भी साथ दे रहा था। लेकिन आज कई गांवों में 15- 20 तेज गति से अंडे के आकार के ओले गिरे की फसलें खराब हो गई। फसलों की पलिया टूट गई।
सहारनपुर में फेसबुक पर लाइव आकर एक युवक ने जहर खा लिया। वीडियो में युवक ने 4 लोगों पर रुपए हड़पने का आरोप लगाया है। युवक ने कहा- 'मेरे पास 7 लाख रुपए थे। ये मेरी मेहनत की कमाई थी। चार लोगों ने मिलकर मेरे साथ ऐसा खेल खेला कि आज मुझे मरना पड़ रहा है। दोस्तों, भाइयों…बस मेरे बच्चों का ख्याल रखना। इन लोगों को मेरे पैसे लौटाने पर मजबूर करना…एक रुपया भी मत छोड़ना। यह कहते हुए युवक कादिर राणा ने जहर की पुड़िया निकाली और उसे फाड़कर हाथ पर जहर निकाल लिया। फिर जहर को खा गया और ऊपर से पानी पी लिया। सोशल मीडिया पर लाइव देख रहे लोगों ने तुरंत परिवार वालों को सूचना दी। मौके पर पहुंचे घरवाले उसे तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया। मामला अंबेहटा थाना क्षेत्र के टिडौली गांव का है। पहले तीन तस्वीरें देखिए... अब जानिए पूरा मामला... टिडौली गांव के रहने वाले कादिर राणा ने फेसबुक पर लाइव आकर जहर खा लिया। वीडियो में कादिर ने कहा- नौशाद कुरैशी, लियाकत, आरिफ और मास्टर कदीर ने मिलकर मुझसे 7 लाख रुपए हड़प लिए। ये वही लोग हैं, जिन्होंने मेरे हंसते-खेलते परिवार को तबाही के कगार पर ला खड़ा किया। कादिर ने कहा- मुझे दुकान पर बैठने तक नहीं दिया जा रहा। धमकियां दी जा रही हैं। गालियां दी जाती हैं। कहा जाता है कि अगर पैसे मांगे तो जान से मार देंगे। मैं टूट चुका हूं। अब जीने की ताकत नहीं बची। मेरे बच्चों को बेसहारा न छोड़ें लाइव के दौरान कादिर बार-बार गांव के जिम्मेदार लोगों, प्रधान, बुजुर्गों और युवाओं से अपील करता रहा कि वे मेरे बच्चों को बेसहारा न छोड़ें। अगर मैं जिंदा न बचूं, तो गांव वाले मिलकर मुझसे ठगे गए पूरे पैसे वापस दिलाएं। वीडियो सामने आते ही गांव में हड़कंप मच गया। सोशल मीडिया पर लाइव देख रहे लोगों ने तुरंत परिजनों और ग्रामीणों को सूचना दी। कुछ ही देर में ग्रामीण मौके पर पहुंचे और गंभीर हालत में युवक को अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों की तत्परता से कादिर की जान तो बच गई, लेकिन उसकी हालत ने पूरे गांव को झकझोर दिया। आर्थिक लेनदेन और मानसिक उत्पीड़न से जुड़ा मामला घटना की सूचना मिलते ही अंबेहटा थाना पुलिस अस्पताल पहुंची। युवक के बयान दर्ज किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, मामला आर्थिक लेनदेन और मानसिक उत्पीड़न से जुड़ा है। जिन चार लोगों पर आरोप लगे हैं, उनसे पूछताछ की तैयारी की जा रही है। वायरल वीडियो को भी जांच का अहम सबूत माना गया है। अब युवक की जान बच गई है। वहीं, पुलिस आगे की कार्रवाई करेगी।
बालाघाट शहर के एक बड़े हिस्से में 28 जनवरी को बिजली कटौती की जाएगी। बिजली कंपनी के शहरी अभियंता कार्यालय ने बताया कि 'एबी स्विच' के रखरखाव और सुधार कार्य के चलते शहर के 30 से अधिक प्रमुख क्षेत्रों में सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक बिजली की आपूर्ति बंद रखी जाएगी। मोतीनगर फीडर से जुड़े क्षेत्रों में रहेगा असर यह कटौती मुख्य रूप से मोतीनगर फीडर से जुड़े इलाकों में होगी। सुधार कार्य के चलते दोपहर तक इन क्षेत्रों में बिजली से चलने वाले सभी उपकरण और काम ठप रहेंगे। विभाग ने रखरखाव कार्य को जरूरी बताते हुए नागरिकों से सहयोग की अपील की है ताकि भविष्य में बिजली की समस्या न आए। इन प्रमुख इलाकों में होगी कटौती बिजली गुल रहने वाले क्षेत्रों में हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी, सरस्वती नगर, विवेकानंद कॉलोनी, नर्मदा नगर, दुर्गा मंदिर क्षेत्र, शारदा नगर, प्रेमनगर और स्नेह नगर जैसे बड़े रहवासी इलाके शामिल हैं। इनके अलावा चौधरी आटा चक्की, केविन हॉस्पिटल, जैन अस्पताल, गणपति और आरोग्य अस्पताल, गायत्री मंदिर रोड, हीरो सर्विस सेंटर, शिव मंदिर, एचपी गैस एजेंसी, बर्फ फैक्ट्री, परमार उद्योग, राधाकृष्ण स्कूल, गुजराती समाजवाड़ी, वैध लॉन, बब्बू टायर, गोंदिया रोड, गुरुनानक पेट्रोल पंप, हरिओम मंगल भवन और रेलवे स्टेशन फाटक तक का पूरा इलाका प्रभावित होगा। समय से पहले निपटा लें जरूरी काम 3 घंटे की इस कटौती को देखते हुए नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे अपने जरूरी काम, जैसे पानी भरना या चार्जिंग, सुबह 10 बजे से पहले ही निपटा लें। विशेषकर अस्पतालों और व्यापारिक संस्थानों को अपने बैकअप इंतजाम रखने की जरूरत होगी। कार्य पूरा होते ही बिजली आपूर्ति दोबारा बहाल कर दी जाएगी।
राजधानी रायपुर में मिड-डे मील योजना के तहत काम करने वाले रसोइयों के आंदोलन के दौरान 2 महिला रसोइयों की मौत हो गई। दोनों छत्तीसगढ़ स्कूल मिड-डे मील यूनियन के बैनर तले चल रहे आंदोलन में शामिल थीं। यूनियन ने सरकार पर लंबित मांगों को लेकर उदासीनता बरतने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि घटना के बाद भी लंबित मांगों पर कोई निर्णय नहीं लिया गया है। आंदोलन के दौरान बिगड़ी तबीयत जानकारी के अनुसार, बेमेतरा जिले के बेरला ब्लॉक के सालधा गांव स्थित सरकारी प्राथमिक स्कूल में पदस्थ दुलारी यादव 29 दिसंबर 2025 से रायपुर में चल रहे आंदोलन स्थल पर बैठी थी। आंदोलन के दौरान उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई। दुलारी यादव को अंबेडकर अस्पताल से किया गया रेफर इसके बाद 25 जनवरी 2026 को उन्हें रायपुर के डॉ. बीआर अम्बेडकर मेमोरियल हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। हालत गंभीर होने पर उन्हें एक निजी अस्पताल में रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। बालोद की थी रुकमनी सिन्हा वहीं, बालोद जिले के डोंडी ब्लॉक के कुसुमकासा गांव की रहने वाली रुकमनी सिन्हा मिड-डे मील योजना में रसोइ के रूप में कार्यरत थी। उनकी भी आंदोलन के दौरान मौत हो गई। यूनियन का आरोप है कि आंदोलन के दौरान दो रसोइयों की मौत के बावजूद सरकार ने अब तक उनकी लंबित मांगों पर कोई सकारात्मक निर्णय नहीं लिया है। आंदोलनकारी रसोइयों में आक्रोश यूनियन नेताओं का कहना है कि रसोइयों को न्यूनतम मानदेय, स्थायीकरण और सामाजिक सुरक्षा जैसी मांगों को लेकर लंबे समय से आंदोलन करना पड़ रहा है, लेकिन सरकार की ओर से ठोस पहल नहीं की जा रही। घटना के बाद आंदोलनकारी रसोइयों में आक्रोश है और उन्होंने सरकार से मृतक रसोइयों के परिजनों को उचित मुआवजा देने तथा मांगों पर तत्काल निर्णय लेने की मांग की है।
देवास जिले के हाटपीपल्या और आसपास के क्षेत्रों में मंगलवार शाम करीब 7:30 बजे मौसम ने अचानक करवट ली। तेज आंधी और बारिश के साथ करीब 10 से 15 मिनट तक बेर और चने के आकार के ओले गिरे। इससे प्याज, लहसुन और गेहूं की खड़ी फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। ओलावृष्टि इतनी तेज थी कि कई इलाकों में जमीन पर ओलों की सफेद चादर बिछ गई। हाटपीपल्या के बड़ियामाडू गांव में ओलावृष्टि का असर सबसे ज्यादा देखा गया। आंधी के कारण कई पेड़ धराशायी होने की खबर है। तेज बारिश और ओलों की वजह से हाटपीपल्या और आसपास के क्षेत्र में करीब आधे घंटे तक बिजली सप्लाई बंद रही। वहीं, देवास शहर और आसपास के इलाकों में भी हल्की बूंदाबांदी हुई, जिससे वातावरण में ठंडक घुल गई है। किसान बोले- फसलों को काफी क्षति हुई ओलावृष्टि से किसानों की चिंता बढ़ गई है। क्षेत्र के ग्रामीण मदनलाल ने बताया कि किसानों की प्याज, लहसुन और गेहूं की फसलों को ओलों से काफी क्षति हुई है। देखिए तस्वीरें...
कैथल में गुहला चीका क्षेत्र के पूर्व राज्यसभा सांसद और जजपा के विधायक रह चुके ईश्वर सिंह ने भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए। पंचकूला स्थित भाजपा प्रदेश मुख्यालय पंचकमल में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की मौजूदगी में उन्होंने बीजेपी जॉइन की। भाजपा के हरियाणा मामलों के प्रभारी डॉ सतीश पूनिया, प्रदेशाध्यक्ष मोहनलाल बड़ौली और केंद्रीय चुनाव समिति की सदस्य डॉ सुधा यादव सहित कई वरिष्ठ नेता जॉइनिंग के दौरान मौजूद रहे। पार्टी नेतृत्व ने ईश्वर सिंह के संगठनात्मक और संसदीय अनुभव को भाजपा के लिए उपयोगी बताते हुए उनका स्वागत किया। ईश्वर सिंह का राजनीतिक अनुभव चार दशकों से अधिक का है ओर वे विभिन्न पार्टियों से नेता रहे हैं। सैलजा के खास थे ईश्वर सिंह एक समय था जब ईश्वर सिंह कुमारी सैलजा के खास हुआ करते थे। एससी आयोग के चेयरमैन भी रहे। 2019 में कैथल की गुहला-चीका सीट से टिकट के दावेदार थे, नहीं मिली तो पलटी मार जेजेपी में चले गए। विधायक भी बन गए थे। फिर 2024 के चुनाव से पहले जब कांग्रेस का माहौल बना तो बेटे व परिवार को कांग्रेस में शामिल करवा दिया। हालांकि कांग्रेस ने फिर टिकट नहीं दिया। अब भाजपा में पलटी मार गए। ईश्वर सिंह गुहला (आरक्षित) विधानसभा क्षेत्र से दो बार विधायक रह चुके हैं। पहली बार वर्ष 1977 से 1982 तक और दूसरी बार अक्टूबर 2019 से 2024 तक। इसके अलावा वे वर्ष 2008 से 2014 तक राज्यसभा सांसद भी रहे। उन्होंने राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग के सदस्य के रूप में भी सेवाएं दी हैं। प्रशासनिक और संस्थागत जिम्मेदारियों में भी ईश्वर सिंह की सक्रिय भूमिका रही है। ईश्वर सिंह हरियाणा शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष रह चुके हैं वे हरियाणा आवास बोर्ड के अध्यक्ष, हरियाणा शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष और केंद्रीय सहकारी बैंक कुरुक्षेत्र के अध्यक्ष रह चुके हैं। शैक्षणिक रूप से वे एमए (लोक प्रशासन), एमए (राजनीति विज्ञान) और एलएलएम हैं। वे कुरुक्षेत्र स्थित कई शिक्षण संस्थानों - डॉ बीआर अंबेडकर कॉलेज ऑफ एजुकेशन, महावीर कॉलेज ऑफ एजुकेशन, स्प्रिंग फील्ड कॉन्वेंट स्कूल और डॉ बीआर अंबेडकर लॉ कॉलेज से लंबे समय से जुड़े रहे हैं। भाजपा में शामिल होने के साथ ही ईश्वर सिंह ने संगठन के साथ मिलकर विकसित हरियाणा और विकसित भारत के लक्ष्य में योगदान देने की प्रतिबद्धता जताई।
नेशनल ग्रीन ट्रब्यूनल (एनजीटी) ने भोपाल के डैम-नदी और ग्रीन बेल्ट एरिया में अवैध कचरा डंपिंग पर रोक लगा दी है। एक याचिका के बाद एनजीटी ने जिम्मेदारों को फटकार भी लगाई है। साथ ही रिपोर्ट पेश करने को कहा है। अगली सुनवाई 13 फरवरी को होगी। एनजीटी की सेंट्रल जोन बेंच भोपाल ने शहर के ग्रीन बेल्ट, विशेषकर कलियासोत बांध क्षेत्र में अवैध कचरा डंपिंग और उसे जलाने की घटनाओं पर गंभीर संज्ञान लिया है। पर्यावरणविद् नितिन सक्सेना की याचिका में सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति शिव कुमार सिंह और विशेषज्ञ सदस्य सुधीर कुमार चतुर्वेदी ने ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम, 2016 के उल्लंघन पर राज्य सरकार और नगर निगमों को कड़ी फटकार लगाई है। आदेश में ये कहा
जालंधर के गोराया निवासी मनदीप सिंह का शव वतन लौटने के कई दिनों बाद मंगलवार को अंतिम संस्कार कर दिया गया। पिछले कई दिनों से इंसाफ और सरकारी आर्थिक सहायता की मांग को लेकर परिवार ने शव को मुर्दाघर में रखा था। शासन-प्रशासन से कोई ठोस आश्वासन न मिलने के कारण आखिरकार परिजनों ने थक-हारकर भारी मन से मनदीप को अंतिम विदाई दी। मनदीप सिंह का शव उनके भाई जगदीप सिंह पिछले दिनों रूस से वापस गोराया लेकर आए थे। भाई की मौत और वहां के हालात देख चुके जगदीप और उनका पूरा परिवार गहरे सदमे में है। घर का चिराग बुझने के बाद परिवार पूरी तरह से टूट चुका है। इंसाफ के लिए मुर्दाघर में रखा रहा शव हैरानी की बात यह है कि शव भारत पहुंचने के बाद भी कई दिनों तक अंतिम संस्कार नहीं हो सका। परिजनों की मांग थी कि सरकार मनदीप की मौत के मामले में दखल दे और उन्हें इंसाफ दिलाए। साथ ही, आर्थिक तंगी से जूझ रहे परिवार ने सरकार से मदद की गुहार भी लगाई थी। सुनवाई न होने की उम्मीद में परिवार ने शव को मुर्दाघर में ही रखवाया हुआ था। थक-हारकर दी अंतिम विदाई जब कई दिनों तक प्रशासन या सरकार की ओर से कोई मदद या ठोस आश्वासन नहीं मिला, तो परिवार ने थक-हारकर आज मनदीप का अंतिम संस्कार करने का निर्णय लिया। आज गोराया में गमगीन माहौल के बीच उनका अंतिम संस्कार संपन्न हुआ। परिजनों की खामोशी बयां कर रही थी दर्द अंतिम संस्कार के दौरान वहां मौजूद लोगों और मीडिया कर्मियों ने जब शोक संतप्त परिवार से बात करने की कोशिश की, तो कोई भी कुछ बोलने की स्थिति में नहीं था। परिवार के सदस्यों ने पूरी तरह चुप्पी साधे रखी, जो उनके गहरे दुख और सिस्टम के प्रति उनकी निराशा को साफ दर्शा रही थी। बता दें कि, गोराया के रहने वाले 30 वर्षीय मनदीप कुमार अपने परिवार के बेहतर भविष्य और रोजगार की तलाश में विदेश गया था। परिजनों के अनुसार, मनदीप ट्रैवल एजेंटों के बिछाए जाल में फंस गया। एजेंटों ने उन्हें विदेश में अच्छी नौकरी दिलाने का झूठा भरोसा देकर रूस भेजा था, लेकिन वहां पहुंचने के बाद हकीकत पूरी तरह बदल गई। मनदीप के सफर की शुरुआत 17 सितंबर 2023 को हुई थी, जब वह अपने एक रिश्तेदार और तीन अन्य परिचितों के साथ अमृतसर एयरपोर्ट से फ्लाइट के जरिए आर्मेनिया के लिए रवाना हुआ। वहां उन्होंने करीब तीन महीनों तक एक मजदूर के रूप में कड़ी मेहनत की। 9 दिसंबर 2023 को मनदीप अपने साथियों के साथ आर्मेनिया से रूस पहुंचा। हालांकि, कुछ समय बाद उनके रिश्तेदार और अन्य तीन साथी तो भारत वापस लौट आए, लेकिन मनदीप बेहतर अवसरों की उम्मीद में रूस में ही रुक गया। यही फैसला उसके जीवन का आखिरी मोड़ साबित हुआ।
जालंधर जिले में विजिलेंस ब्यूरो ने नकोदर में वन विभाग के एक गार्ड और एक सहयोगी को 20 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी वन रेंज कार्यालय नकोदर, जालंधर में तैनात थे। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान वन विभाग के गार्ड कुलदीप सिंह ( तलवंडी चौधरियां का रहने वाला) और दिहाड़ीदार दर्शन सिंह मेठ ( रायपुर गुजरा मेहतपुर का रहने वाला) के रूप में हुई है। लकड़ी चोरी के मामले में फंसाने की धमकी दी बता दे कि गांव संघोवाल महितपुर, जालंधर के एक मजदूर ने विजिलेंस ब्यूरो को शिकायत दी थी। शिकायतकर्ता के अनुसार, वह महितपुर-जगराओं रोड के किनारे लगे पेड़ों से घरेलू उपयोग के लिए लकड़ी के छोटे टुकड़े इकट्ठा कर रहा था।इसी दौरान दोनों आरोपियों ने उसे सरकारी लकड़ी चोरी के मामले में फंसाने की धमकी दी और उसकी मोटरसाइकिल जब्त कर लिया। बाइक छोड़ने के बदले मांगे 20 हजार शिकायतकर्ता ने जब दर्शन सिंह से संपर्क किया, तो उसने बताया कि गार्ड कुलदीप सिंह मोटरसाइकिल छोड़ने के बदले 20 हजार रुपए की रिश्वत मांग रहा है। बार-बार अनुरोध करने के बावजूद दोनों अपनी मांग पर अड़े रहे। आरोपी रंगे हाथ गिरफ्तार शिकायतकर्ता ने रिश्वत मांगने की बातचीत रिकॉर्ड कर विजिलेंस ब्यूरो टीम को सूचित किया। शिकायत के बाद, विजिलेंस ब्यूरो की टीम ने एक जाल बिछाया और दो सरकारी गवाहों की मौजूदगी में दोनों आरोपियों को 20 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। विजिलेंस ब्यूरो थाना जालंधर में दोनों आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
उदयपुर में गणतंत्र दिवस पर लेकसिटी प्रेस क्लब की ओर से पत्रकार परिवारों के लिए सांस्कृतिक संध्या व सम्मान समारोह आयोजित हुआ। लेखनी के प्रबुद्ध, डिजिटल व नवोदित 10 पत्रकारों का सम्मान किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि जनजाति मंत्री बाबूलाल खराड़ी थे। यह कार्यक्रम शुभ मंगल रिसोर्ट में आयोजित हुआ। समारोह में राजस्थान विद्यापीठ कुलपति प्रो. कर्नल एस.एस. सारंगदेवोत, उदयपुर विधायक ताराचंद जैन, जीबीएच अमेरिकन चेयरमैन डॉ. कीर्ति कुमार जैन, अतुल चंडालिया, डा. जिनेन्द्र शास्त्री, हिम्मत सिंह झाला, गिरिश भारती, पंकज शर्मा, रश्मि बोहरा, सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी गौरीकांत शर्मा मौजूद रहे। अतिथियों का लेकसिटी प्रेस क्लब के अध्यक्ष कुलदीप सिंह गहलोत ने स्वागत किया। लोक कलाकारों ने भवई नृत्य की प्रस्तुति दीसमारोह में लोक कलाकारों रमिला जोगी व माधु सिंह ने भवई नृत्य की प्रस्तुति दी। सांस्कृतिक समारोह में क्लब से जुड़े पत्रकारों ने गीत गाए व बच्चों ने अलग-अलग देशभक्ति प्रस्तुतियां दी। समारोह में उदयपुर दैनिक भास्कर डिजिटल के मुकेश हिंगड़ सहित पत्रकार संजय खाब्या, राजेश वर्मा, घनश्याम सिंह राव, भावना व्यास, भूपेंद्र चौबीसा, कबीर जेठी, क्लॉड डिसूजा, विपिन सोलंकी और नीलम कुमावत को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संचालन माधुरी शर्मा व अविनाश जग्नावत ने किया।
मुजफ्फरनगर में दोस्त की चाकू मारकर हत्या:कहासुनी के बाद युवक ने किया हमला, आरोपी फरार
मुजफ्फरनगर में मंगलवार शाम एक युवक की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। आपसी विवाद के बाद दोस्त ने ही वारदात को अंजाम दिया। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। मामला मंसूरपुर थाना क्षेत्र के ग्राम बोपाडा का है। जानकारी के अनुसार, मंगलवार शाम करीब चार बजे ग्राम बोपाडा निवासी दीपक (35), जो पेशे से राजमिस्त्री है। अपने दोस्त सोनू (30) पुत्र भीष्म, निवासी बोपाडा, से किसी बात को लेकर विवाद हो गया। दोनों के बीच कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते झगड़े में बदल गई। इसी दौरान सोनू ने दीपक पर चाकू से कई वार कर दिए। जिससे दीपक गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना की सूचना मिलते ही थाना मंसूरपुर पुलिस मौके पर पहुंची और घायल दीपक को इलाज के लिए अस्पताल भिजवाया गया। जहां डॉक्टरों ने दीपक मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव का पंचायतनामा भरकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। मृतक के परिजनों की तहरीर के आधार पर थाना मंसूरपुर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। घटना के बाद से आरोपी सोनू फरार है। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर दो पुलिस टीमों का गठन किया गया है। पुलिस का कहना है कि आरोपी की तलाश जारी है और उसे जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
गणतंत्र दिवस पर अधिकारियों का किया सम्मान:उत्कृष्ट योगदान के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कार दिया
जयपुर में गणतंत्र दिवस पर जगह-जगह ध्वाजारोहण कार्यक्रम आयोजित किए गए। वहीं उत्कृष्ट सेवाओं के लिए कई सरकारी अफसरों का सम्मान भी किया गया। चिकित्सा शिक्षा आयुक्त नरेश गोयल ने गणतंत्र दिवस पर सोमवार को डेंटल मेडिकल कॉलेज में सहायक प्रोफेसर डॉ. रीना और जन संपर्क विभाग के उप निदेशक तरुण जैन को स्वास्थ्य सेवाओं में उत्कृष्ट योगदान के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कार से सम्मानित किया।
निवाड़ी जिले के जिजोरा में 18 जनवरी 2026 को हुए अमर सिंह पाल हत्याकांड के पांच आरोपी अब भी फरार हैं। पीड़ित परिवार को लगातार राजीनामा करने का दबाव बनाया जा रहा है और उन्हें जान से मारने की धमकियां मिल रही हैं। परिवार ने पुलिस अधीक्षक निवाड़ी को ज्ञापन सौंपकर फरार आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। पीड़ित शशि पाल ने पुलिस को दिए आवेदन में बताया कि 18 जनवरी 2026 को झांसी के प्रेमनगर थाना क्षेत्र निवासी प्रमोद अहिरवार, अनिल अहिरवार, पिल्लू अहिरवार, कुनाल अहिरवार, दीपक उर्फ बिठ्ठल, मंकू अहिरवार और बंटी उर्फ सागर ने उनके पिता अमर सिंह पाल की लात-घूंसों से पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। सात आरोपी गिरफ्तार मामले में सात आरोपियों में से प्रमोद अहिरवार और अनिल अहिरवार को गिरफ्तार कर लिया गया है। हालांकि, पांच अन्य आरोपी अभी भी फरार हैं। शशि पाल का आरोप है कि फरार आरोपी उन्हें लगातार धमकी दे रहे हैं। आरोपियों ने कथित तौर पर परिवार से कहा है कि यदि वे राजीनामा नहीं करते हैं, तो उन्हें भी उनके पिता की तरह मार दिया जाएगा। इस मामले में पुलिस की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। हालांकि, आवेदन मिलने के बाद पुलिस द्वारा कार्रवाई की उम्मीद जताई जा रही है। पीड़ित परिवार ने अपनी जान को खतरा बताते हुए कहा है कि आरोपियों की गिरफ्तारी और उनकी सुरक्षा दोनों ही अत्यंत आवश्यक हैं।
धनबाद के झरिया से पूर्व विधायक संजीव सिंह ने धनबाद नगर निगम चुनाव-2026 में मेयर पद के लिए अपनी दावेदारी पेश की है। उन्होंने इस संबंध में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) झारखंड के प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू को एक पत्र भेजा है। पत्र में संजीव सिंह ने खुद को पार्टी का निष्ठावान और समर्पित कार्यकर्ता बताया। उन्होंने कहा कि वे संगठन, विचारधारा और राष्ट्रसेवा के प्रति हमेशा प्रतिबद्ध रहे हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यदि पार्टी उन्हें मौका देती है, तो वे धनबाद के सर्वांगीण विकास और जन कल्याण के लिए पूरी निष्ठा से काम करेंगे। परिवार लंबे समय से सार्वजनिक जीवन में सक्रिय रहा संजीव सिंह ने अपने राजनीतिक और सामाजिक अनुभव का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि उनका परिवार लंबे समय से सार्वजनिक जीवन में सक्रिय रहा है। उनके पिता स्वर्गीय सूर्यदेव सिंह चार बार विधायक रहे थे, जबकि उनकी माता कुंती देवी भी दो बार विधायक रह चुकी हैं। वर्तमान में उनकी पत्नी रागिनी सिंह झरिया विधानसभा से विधायक के तौर पर जनसेवा कर रही हैं। उन्होंने यह भी बताया कि वे वर्तमान में बीसीसीएल से जुड़े श्रमिक संगठनों के माध्यम से मजदूरों के हितों, अधिकारों और सामाजिक-आर्थिक कल्याण के लिए लगातार काम कर रहे हैं। इससे उन्हें जमीनी स्तर पर जनसमस्याओं की गहरी समझ है। संजीव सिंह ने पत्र के जरिए पार्टी नेतृत्व से मार्गदर्शन और समर्थन की अपील की। उन्होंने कहा कि वे संगठन के हर निर्णय और निर्देश का पालन करने के लिए हमेशा प्रतिबद्ध रहेंगे। इधर, संजीव सिंह की इस दावेदारी के बाद राजनीतिक गलियारों में धनबाद नगर निगम चुनाव को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
नीमच से महज 7 किलोमीटर दूर गिरदौड़ा के सरकारी स्कूल में जब दैनिक भास्कर की टीम रियलिटी चेक के लिए पहुंची, तो वहां मिड-डे मील की हकीकत सामने आई। खास बात यह है कि एक दिन पहले ही गणतंत्र दिवस के मौके पर प्रदेश की कैबिनेट मंत्री निर्मला भूरिया और कई बड़े अफसरों ने इसी स्कूल में बच्चों के साथ बैठकर खाना खाया था। गणतंत्र दिवस के दिन जब मंत्री और जिले के आला अधिकारी स्कूल आए थे, तो बच्चों के लिए शानदार टेंट लगाया गया था और जमीन पर ग्रीन कारपेट बिछाया गया था। लेकिन मंगलवार को जैसे ही वीआईपी मेहमान विदा हुए, व्यवस्थाएं भी बदल गईं। भास्कर की टीम ने देखा कि अब बच्चे स्कूल के खुले हॉल में केवल दरी पर बैठकर खाना खा रहे थे और वहां धूल भी उड़ रही थी। मेन्यू के हिसाब से मिला खाना, बच्चों ने बताया 'रोज मिलता है अच्छा भोजन' खाने की क्वालिटी को लेकर जब तीसरी कक्षा की छात्रा मनस्वी और छात्र पवन से बात की गई, तो उन्होंने बताया कि उन्हें मंगलवार को भी खीर, पूरी और आलू-मटर की सब्जी दी गई है। बच्चों का कहना था कि उन्हें स्कूल में रोज अच्छा खाना मिलता है और बर्तन साफ करने के लिए अलग से कर्मचारी नियुक्त हैं। स्कूल की प्राचार्य वैशाली के अनुसार, 130 बच्चों में से करीब 100 बच्चे रोजाना भोजन करते हैं और वे खुद खाने की गुणवत्ता की समय-समय पर जांच करती हैं। दिखावे की सफाई: टीम के सामने जलाए गए पुराने पत्तल-दोने रियलिटी चेक के दौरान एक तरफ तो खाना अच्छा मिल रहा था, वहीं दूसरी तरफ स्कूल परिसर में गंदगी की तस्वीर भी दिखी। गणतंत्र दिवस पर हुए विशेष भोज के पत्तल-दोने स्कूल के मैदान में उड़ते हुए नजर आए। एक क्लास के बाहर इन पत्तल-दोनों का ढेर लगा था, जिसे भास्कर की टीम के सामने ही शिक्षकों ने आग लगाकर जला दिया ताकि गंदगी को तुरंत साफ किया जा सके। गणतंत्र दिवस पर लगा था दिग्गजों का जमावड़ा बता दें कि सोमवार को इस स्कूल में महिला एवं बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया के साथ सांसद सुधीर गुप्ता और नीमच, मनासा और जावद के विधायकों सहित कलेक्टर-एसपी ने भी भोजन किया था। उस दिन बच्चों को लड्डू भी परोसे गए थे और पूरा माहौल किसी बड़े उत्सव जैसा था, जो अगले ही दिन सामान्य सरकारी ढर्रे पर लौट आया।
टीकमगढ़ में आरएसएस के स्थापना के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में मंगलवार को 'हिंदू सम्मेलनों' का आयोजन किया गया। इन सम्मेलनों में जाति और पंथ के भेदभाव को भुलाकर सभी समाजों के लोग और साधु-संत एक जाजम पर नजर आए। उत्सव भवन से लेकर ग्रामीण अंचलों तक आयोजित इन कार्यक्रमों के जरिए समाज को एकजुट करने और सांस्कृतिक मूल्यों को बचाने का संदेश दिया गया। प्रमुख बस्तियों में उमड़ा जनसैलाब जिले के उत्सव भवन, कुंडेश्वर, राजमहल, दरगुवां और कुंवरपुरा में मुख्य सम्मेलन आयोजित किए गए। इसके साथ ही पण्डयाना, भटनागर बस्ती, कुडीला और मलगुंवा में भी भारी संख्या में हिंदू समाज के लोग जुटे। उत्सव भवन के कार्यक्रम में संत बब्लू महाराज, लहरेन सरकार और उत्तम दास महाराज का सानिध्य प्राप्त हुआ। वक्ता प्रीति चतुर्वेदी और मुख्य वक्ता जितेंद्र वर्मा ने समाज के सामने वर्तमान चुनौतियों और संगठन की शक्ति पर अपने विचार रखे। सांस्कृतिक सुरक्षा और संगठन पर जोर कुंडेश्वर में पुजारी जमुना प्रसाद और राजमहल बस्ती में सीताशरण अग्निहोत्री व शालिनी परमार ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित किया। वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि हिंदू समाज की मजबूती उसकी एकता में ही निहित है। उन्होंने कहा कि अपनी गौरवशाली संस्कृति और भविष्य को सुरक्षित रखने के लिए सभी समाजों का एक संगठित स्वरूप में रहना अनिवार्य है। शताब्दी वर्ष का संकल्प लिया आयोजकों ने बताया कि आरएसएस के 100 वर्ष पूरे होने के अवसर पर आयोजित इन सम्मेलनों का मुख्य उद्देश्य सामाजिक समरसता को बढ़ावा देना है। संतों ने आह्वान किया कि लोग अपने दैनिक जीवन में संस्कारों को अपनाएं और राष्ट्र निर्माण में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें।
बेगूसराय के छौड़ाही थाना क्षेत्र के शाहपुर वार्ड नंबर-तीन में रविवार की देर रात असामाजिक तत्वों की ओर से काली मंदिर में क्षतिग्रस्त किए गए प्रतिमाओं के पुनर्निर्माण की प्रक्रिया शुरू हो गई है। ग्रामीणों द्वारा इसका पुनर्निर्माण कराया जाएगा। इधर, मामले की गंभीरता को देखते हुए मजिस्ट्रेट के साथ पुलिस बल तैनात है। उल्लेखनीय है कि शाहपुर में पाचू महतो द्वारा अपने निजी जमीन पर काली मंदिर बनाया गया है। ज्योति देवी मंदिर की पुजारी है। रविवार की रात मंदिर में स्थापित प्रतिमा को निशाना बनाते हुए उपद्रव किया गया। बदमाशों ने निजी जमीन पर बने इस मंदिर में तोड़फोड़ कर कई प्रतिमा को खंडित कर दिया। रविवार की देर रात उपद्रवियों ने मंदिर में की थी तोड़फोड़ उपद्रवी देर रात मंदिर परिसर में घुसे और सबसे पहले काली माता की विराजमान प्रतिमा के साथ तोड़फोड़ की। इसके बाद मंदिर में स्थापित काली माता के दूसरे स्वरूप की प्रतिमा का सिर खंडित कर दिया गया। मंदिर में रखे दान पेटी को तोड़कर उसमें मौजूद नकदी, काली माता के आभूषण एवं अन्य कीमती सामान की चोरी कर ली गई। घटना के दौरान उपद्रवियों ने मंदिर के स्टोर रूम में आग भी लगा दी, जिससे वहां रखा करीब एक लाख रुपए मूल्य का पूजन सामग्री, कपड़ा, बर्तन एवं अन्य सामान जलकर पूरी तरह नष्ट हो गया। सुबह में घटना की जानकारी मिलते ही पूरे गांव में तनाव का माहौल व्याप्त हो गया है। घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन हरकत में आ गया। अनहोनी की आशंका पर गांव में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात मंझौल एसडीओ, मंझौल डीएसपी, छौड़ाही के सीओ एवं छौड़ाही थाना की पुलिस टीम ने मौके पर पहुंच कर स्थिति का जायजा ले रही है। किसी तरह की अनहोनी की आशंका के मद्देनजर गांव में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है तथा घटनास्थल की घेराबंदी कर जांच की जा रही है। सूचना मिलते ही एसपी मनीष ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने जल्द उपद्रवियों की गिरफ्तारी का आश्वासन देकर मामले को शांत कराया। इसके बाद मंगलवार को ग्रामीणों के सहयोग से क्षतिग्रस्त प्रतिमाओं के पुनर्निर्माण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।फिलहाल गांव में स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन मजिस्ट्रेट के साथ पुलिस बल तैनात है। प्रशासन द्वारा लोगों से शांति रखने की अपील की गई है। एसपी मनीष ने बताया कि मां काली का मंदिर पाचू महतो ने अपने पुश्तैनी जमीन में बनवाया गया था। बदमाशों ने मां काली की प्रतिमा को क्षतिग्रस्त कर दिया गया एवं बगल में बनी झोपड़ी को जला दिया गया है। मंझौल डीएसपी एवं छौड़ाही थाना की पुलिस घटना के सभी पहलुओं पर जांच और आगे की कार्रवाई कर रही है।
यूजीसी से जुड़े नए विवाद पर अब सुप्रसिद्ध कवयित्री अनामिका जैन अंबर ने खुलकर आपत्ति जताई है। अनामिका के पति सौरभ जैन भारतीय जनता पार्टी से जुड़े हुए हैं। इसके बावजूद उन्होंने केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए। अनामिका ने कहा कि “किसी भी कानून को बराबरी के सिद्धांत पर आधारित होना चाहिए। न्याय वहीं संभव है जब दोनों पक्षों को समान रूप से सुना जाए, पूर्वाग्रह नहीं बल्कि तर्क और साक्ष्य के आधार पर निर्णय हो।” उन्होंने इसी मुद्दे पर अपनी कविता में तीखा व्यंग्य किया और कहा- “ऐसा न हो कि सवर्ण होना अपराध हो जाए... अंधियारों की आंखों में जो भोर के सूरज खटके होंगे, उनके मान-पत्र के शीशे चोटिल होंगे, चटके होंगे… और सीना ताने झूठ किसी के भरी अदालत घूमेंगे, सहमे-सहम सत्य हमारे बस फांसी पर लटके होंगे।'' इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर यूजीसी का मुद्दा एक बार फिर चर्चा में है और राजनीतिक हलकों में भी इसे लेकर प्रतिक्रियाएं जारी हैं।
कोटा में डेयरी बूथ पर डेयरी उत्पादों के अलावा सिगरेट, गुटखा और अन्य सामग्री बेची जा रही है। नगर निगम टीम ने मंगलवार को डेयरी बूथों पर सर्च अभियान चलाया। नगर निगम के राजस्व अनुभाग, अतिक्रमण अनुभाग तथा कोटा डेयरी व पुलिस की संयुक्त टीम ने जवाहर नगर सहित कोचिंग क्षेत्र स्थित विभिन्न डेयरी बूथ पर कार्रवाई की। इस दौरान वहां अवैध रूप से बेची जा रही सामग्री को जब्त किया गया। आयुक्त ओमप्रकाश मेहरा ने बताया- शहर में विभिन्न स्थानों पर स्थित डेयरी बूथ पर नियमानुसार सिर्फ कोटा डेयरी के उत्पाद ही बेचने की अनुमति है। इन डेयरी बूथ पर अवैध रूप से अन्य सामग्री बेची जाने की शिकायतें लगातार मिल रही थी। जिला कलेक्टर पीयूष समारिया ने नगर निगम, कोटा डेयरी और पुलिस को निर्देश दिए थे कि संयुक्त टीम बनाकर डेयरी बूथ की जांच की जाए। टीम ने अचानक की कार्रवाई, गुटखा-तंबाकू बेचने पर किया जब्तआयुक्त मेहरा ने बताया- निर्देशों की पालना में नगर निगम उपायुक्त राजस्व धीरज कुमार सोनी के नेतृत्व में अचानक कार्रवाई की गई। टीम जवाहर नगर स्थित विभिन्न डेयरी बूथ पर पहुंची। वहां अधिकांश डेयरी बूथ बंद पड़े थे, लेकिन जो भी डेयरी बूथ खुले मिले। वहां टीम ने सघन जांच की। कोटा डेयरी के उत्पादों के अतिरिक्त अन्य सभी उत्पादों को जब्त कर लिया गया। निगम की अचानक हुई कार्रवाई से डेयरी बूथ संचालकों में हड़कंप मच गया। मौके से टीम ने गुटखा, तंबाकू बरामद किए, जिन्हें जब्त किया गया। कार्रवाई के दौरान डेयरी बूथ संचालकों की एनओसी की भी जांच की गई। जो लोग मौके पर एनओसी नहीं दिखा सके। उन्हें दो दिन में निगम कार्यालय में उपस्थित होकर एनओसी दिखाने के निर्देश दिए गए।
पंचकूला में स्थित भारतीय जनता पार्टी के पंचकमल कार्यालय पर संगठनात्मक बैठक हुई। जिसमें नगर निगम चुनावों में जीत दर्ज करने और वीबी-जीरामजी पर सभी विधानसभाओं में जल्द से जल्द सम्मेलन करने को लेकर रणनीति बनी। इसके अलावा सभी बूथों पर बीएलए 2 की जल्दी से जल्दी नियुक्त किए जाने और मन की बात कार्यक्रम को लेकर भी फैसले लिए गए। पंचकमल में बैठक के दौरान मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, प्रदेश अध्यक्ष मोहनलाल बड़ौली और प्रदेश प्रभारी डॉक्टर सतीश पूनिया ने एक-एक विषय को उपस्थित नेताओं के सामने बड़ी बारीकी से रखा। बैठक में मौजूद विधायकों, प्रदेश पदाधिकारियों, जिला अध्यक्षों, जिला प्रभारियों और मोर्चा पदाधिकारियों को स्पष्ट कहा गया कि कांग्रेस द्वारा विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं पर फैलाए जा रहे हर झूठ को बेनकाब करते हुए नगर निगम चुनावों में फिर से ऐतिहासिक जीत दर्ज करनी है। संगठनात्मक बैठक में हरियाणा के कैबिनेट मंत्री राव नरबीर सिंह, श्याम सिंह राणा, अनिल विज, आरती राव, श्रुति चौधरी, रणबीर गंगवा, राजेश नागर सहित पार्टी के प्रदेश पदाधिकारी, जिला अध्यक्ष, जिला प्रभारी, विधायक और मोर्चों के प्रदेश अध्यक्ष मौजूद रहे। मन की बात कार्यक्रम के बनाए संयोजक बैठक में पीएम मोदी के लोकप्रिय मन की बात कार्यक्रम के लिए प्रदेश समिति बनाई गई एवं लोकसभा संयोजकों की नियुक्ति की गई। प्रदेश अध्यक्ष मोहन लाल बड़ौली ने मन की बात प्रदेश समिति में प्रदेश महामंत्री सुरेंद्र पूनिया को संयोजक, प्रदेश सचिव गार्गी कक्कड़, राहुल राणा, आदित्य चावला, भारत भूषण जुयाल, नरेंद्र भारती और मनोज ढाणा को सह संयोजक नियुक्त किया गया है। बैठक में प्रदेश महामंत्री कृष्ण बेदी, सुरेंद्र पूनिया और संगठन मंत्री फणीन्द्रनाथ शर्मा मौजूद रहे। चुनाव के लिए पूरी तरह से तैयारसीएम ने कहा कि चुनाव आयोग जैसे ही नगर निकाय चुनाव की घोषणा करेगा उसके लिए भाजपा पूरी तरह तैयार है। मुख्यमंत्री ने कांग्रेस के प्रशिक्षण शिविर पर भी चुटकी ली। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के प्रशिक्षण शिविर ने तो मुझे भी हैरान कर दिया। कांग्रेस का 10 दिन का प्रशिक्षण चला है तो जरूर उन्होंने कुछ सीखा होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि राहुल गांधी तो एक घंटे में ही चले गए, कांग्रेस में अपनी-अपनी ढपली और अपना-अपना राग है। उन्होंने कहा कि यहां के कांग्रेस नेताओं ने वोट चोरी पर राहुल गांधी को ही भ्रम में डाल दिया।बजट पर जनता के साथ रायशुमारीमुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने हरियाणा के बजट पर बोलते हुए कहा कि लोगों के अच्छे सुझाव आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली हरियाणा भाजपा सरकार का बजट जनता के सुझाव का बजट होगा। नायब सैनी ने कहा कि पारदर्शिता हमारी सरकार का दायित्व है। उन्होंने कहा कि बजट का एक-एक पैसा लोगों के वेलफेयर पर खर्च होगा।
शिवपुरी जिले की दो छात्राओं ने अपनी अलग-अलग उपलब्धियों से जिले का नाम रोशन किया है। कोलारस की रहने वाली 11वीं की छात्रा अनवेशा पाराशर ने मेहंदी से 9 फीट ऊंची पेंटिंग बनाकर वर्ल्ड रिकॉर्ड अपने नाम किया है। वहीं, इसी अनुविभाग के अलावदी गांव की सलोनी यादव ने दिल्ली में गणतंत्र दिवस परेड में महिला एनसीसी प्लाटून का नेतृत्व कर इतिहास रचा है। कोलारस कस्बे के सीएम राइज स्कूल की 11वीं की छात्रा अनवेशा पाराशर को उनकी अनोखी कला के लिए सम्मानित किया गया है। 25 जनवरी को जयपुर में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान अनवेशा ने मेहंदी से 9 फीट ऊंची और 5 फीट चौड़ी कलाकृति बनाई। इस उपलब्धि को 'इन्फ्लुएंसर बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स' (Influencer Book of World Records) में दर्ज किया गया है। भारत माता और हेडगेवार के चित्र उकेरे अनवेशा ने अपनी इस विशाल मेहंदी कलाकृति में भारत माता, डॉ. केशवराव बलिराम हेडगेवार और गुरु गोलवलकर के चित्र उकेरे हैं। अनवेशा के पिता रिंकू पाराशर का निधन हो चुका है। पिता के जाने के बाद उन्होंने अपनी कला को निखारा। वह एक स्केच आर्टिस्ट भी हैं और उनके बनाए स्केच देशभर में ऑर्डर पर जाते हैं। 20 दिन की मेहनत, 5 दिन में मेहंदी वर्क अनवेशा ने बताया कि इस रिकॉर्ड तोड़ कलाकृति को पूरा करने में कुल 20 दिन का समय लगा। इसमें शुरुआती 15 दिन पेंसिल से स्केच, ग्राफ और स्ट्रक्चर तैयार करने में लगे। इसके बाद आखिरी के 5 दिनों में मेहंदी से पोर्ट्रेट तैयार किए गए। रिकॉर्ड दर्ज करने के लिए इस पूरी प्रक्रिया की लगातार निगरानी की गई थी। किसान की बेटी ने राजपथ पर किया नेतृत्व दूसरी बड़ी उपलब्धि कोलारस अनुविभाग के अलावदी गांव की सलोनी यादव ने हासिल की है। किसान चंद्रपाल यादव की बेटी सलोनी राजस्थान के पिलानी स्थित बिरला बालिका विद्यापीठ में 11वीं की छात्रा हैं। उन्होंने 26 जनवरी को दिल्ली में आयोजित गणतंत्र दिवस परेड में महिला एनसीसी प्लाटून का नेतृत्व किया। एक छोटे से गांव से निकलकर राजपथ तक पहुंचने वाली सलोनी की इस सफलता पर पूरे जिले को गर्व है।
अररिया में लोकसभा सांसद प्रदीप कुमार सिंह की अध्यक्षता में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की महत्वपूर्ण बैठक हुई। समाहरणालय के परमान सभागार में आयोजित इस बैठक में विकास कार्यों की गति और गुणवत्ता पर विशेष जोर दिया गया। सांसद ने अधिकारियों को सभी योजनाओं को समय पर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा करने के सख्त निर्देश दिए। बैठक की शुरुआत जिला पदाधिकारी विनोद दूहन द्वारा सांसद को पौधा भेंट कर स्वागत के साथ हुई। इस अवसर पर विधायक आबिदुर रहमान, मोहम्मद मुर्शीद आलम, अविनाश मंगलम, देवयंती देवी, मनोज कुमार विश्वास और जिला परिषद अध्यक्ष आफताब अजीम पप्पू सहित अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद थे। बैठक में पूर्व दिशा बैठकों में दिए गए निर्देशों की विभागवार गहन समीक्षा की गई। सभी विकास योजनाओं को निर्धारित समय-सीमा में पूरा किया जाए सांसद प्रदीप कुमार सिंह ने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिले में चल रही सभी विकास योजनाओं को निर्धारित समय-सीमा में पूरा किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि कार्यों की गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता स्वीकार्य नहीं होगा। सांसद ने नवनिर्मित सड़कों के किनारों पर पौधारोपण और मिट्टी भराई को प्राथमिकता देने तथा सभी पुल-पुलियों और सरकारी भवनों पर नेम प्लेट लगवाने के भी निर्देश दिए। बैठक में अवैध नर्सिंग होम की जांच के लिए एक समिति गठित करने का आदेश दिया गया। साथ ही, जन वितरण प्रणाली (पीडीएस) की दुकानों की नियमित जांच कराने और कम राशन वितरण करने वाले दुकानदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी गई। सांसद ने हर तीन महीने में दिशा बैठक अनिवार्य रूप से आयोजित करने की बात भी दोहराई। योजनाओं की प्रगति की विस्तृत जानकारी साझा की गई पीपीटी प्रस्तुति के माध्यम से ग्रामीण कार्य विभाग, कृषि, शिक्षा, स्वास्थ्य, पथ निर्माण, प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण), पीएचईडी, आईसीडीएस, विद्युत और पंचायत राज सहित विभिन्न विभागों की योजनाओं की प्रगति की विस्तृत जानकारी साझा की गई। समीक्षा के दौरान उपस्थित सदस्यों ने सड़क निर्माण और अन्य विकास कार्यों में तेजी लाने के लिए महत्वपूर्ण सुझाव दिए। बैठक में उप विकास आयुक्त, अपर समाहर्ता आपदा प्रबंधन, सिविल सर्जन, सभी कार्यपालक अभियंता और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। सांसद ने अधिकारियों से सक्रियता बरतने और विकास कार्यों को जनता की अपेक्षाओं के अनुरूप तेज करने की अपील की।
इंदौर में 27 जनवरी से 1 फरवरी तक यूरोलॉजी की इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस USICON-2026 का आयोजन रखा गया है। यह अब तक की सबसे बड़ी, सबसे आधुनिक और तकनीकी रूप से डेवलप यूरोलॉजी कॉन्फ्रेंस होगी। इसमें देश-विदेश के 2 हजार से अधिक यूरोलॉजिस्ट, सर्जन्स और मेडिकल एक्सपर्ट्स भाग लेंगे। करीब 100 अंतरराष्ट्रीय फैकल्टी सदस्य अमेरिका, ब्रिटेन, कनाडा, तुर्की, सिंगापुर, मलेशिया और यूरोप के विभिन्न देशों से इंदौर पहुंचेंगे। कॉन्फ्रेंस में श्रीलंका और नेपाल सहित कई पड़ोसी देशों के प्रतिनिधि भी सम्मेलन का हिस्सा बनेंगे। इसके साथ ही देशभर से 300 से अधिक राष्ट्रीय फैकल्टी और 950 से ज्यादा वैज्ञानिक प्रस्तुतियां (पेपर, वीडियो और पोस्टर) प्रस्तुत की जाएंगी। USICON 2026 की सबसे बड़ी खासियत लाइव सर्जरी टेलीकास्ट होगी, जिसकी वापसी लगभग 10 वर्षों बाद हो रही है। डॉ. आरके लाहोटी (पैट्रन, यूरोलॉजिकल सोसायटी ऑफ इंदौर) ने बताया कि USICON 2026 इंदौर के लिए गर्व का विषय है और यह सम्मेलन युवा डॉक्टरों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की सीख देगा। डॉ. संजय शिंदे (चेयरमैन, ऑर्गनाइजिंग कमेटी) ने बताया कि लाइव सर्जरी, रोबोटिक तकनीक और AI आधारित सेशन होंगे। पहले दिन भारत के तीन प्रमुख चिकित्सा केंद्रों से 9–10 जटिल सर्जरी लाइव प्रसारित की जाएंगी। दूसरे दिन अमेरिका से लाइव सर्जिकल ट्रांसमिशन सीधे इंदौर में दिखाया जाएगा वैज्ञानिक सत्रों में रोबोटिक सर्जरी, लेप्रोस्कोपी, लेजर तकनीक और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित भविष्य की यूरोलॉजी पर विशेष चर्चा होगी। 27 जनवरी से 1 फरवरी तक के कार्यक्रम। USICON 2026 केवल ऐकेडेमिक कॉन्फ्रेंस नहीं बल्कि ‘Urolympics’ के रूप में खेल और फिटनेस के रूप में होगी। क्रिकेट, बैडमिंटन, टेबल टेनिस, लॉन टेनिस, शतरंज, कैरम, साइक्लिंग और मैराथन जैसी गतिविधियां डॉक्टरों के बीच ऊर्जा और सौहार्द का माहौल बनाएंगी। डॉ. सुशील भाटिया (सेक्रेटरी, डॉ. रवि नागर और डॉ. नितेश पाटीदार) ने बताया कि 950 से अधिक वैज्ञानिक प्रेजेंटेशन होंगे। USICON-2026 एक बेंचमार्क बनेगा। मालवा की संस्कृति और इंदौर के स्वाद का अनुभव मेहमानों को मालवा की सांस्कृतिक विरासत, उज्जैन-ओंकारेश्वर-मांडू-महेश्वर पर्यटन, इंदौरी पोहा-जलेबी और सराफा बाजार के स्वाद से रूबरू कराया जाएगा। भव्य सांस्कृतिक संध्या और बैंक्वेट कार्यक्रम आयोजन को यादगार बनाया जाएगा।
शिवपुरी में बैटरी ट्राइसाइकिल की मांग को लेकर जनसुनवाई में हंगामा करने वाले दिव्यांग अशफाक खान को आखिरकार राहत मिल गई है। कांग्रेस नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंगार के हस्तक्षेप के बाद मंगलवार को उन्हें बैटरी चालित ट्राइसाइकिल उपलब्ध कराई गई। यह मामला पहले प्रशासनिक उदासीनता के कारण चर्चा में आया था। दोनों पैरों से दिव्यांग अशफाक खान पिछले दो वर्षों से बैटरी वाली ट्राइसाइकिल के लिए जनसुनवाई और सामाजिक न्याय विभाग सहित विभिन्न कार्यालयों के चक्कर लगा रहे थे। जनसुनवाई के दौरान उन्होंने प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए थे और तत्काल ट्राइसाइकिल की मांग की थी। उस समय सामाजिक न्याय विभाग ने उनका आवेदन स्वीकृत होने और अक्टूबर 2026 तक ट्राइसाइकिल उपलब्ध कराने की बात कही थी। अशफाक की यह मांग अब पूरी हो गई है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंगार ने वीडियो कॉल के माध्यम से अशफाक से बात की, उन्हें शुभकामनाएं दीं और भविष्य में भी मदद का आश्वासन दिया। ट्राइसाइकिल मिलने के बाद अशफाक ने उमंग सिंगार का आभार व्यक्त किया और उन्हें जन्मदिन की शुभकामनाएं भी दीं। जानकारी के अनुसार, यह बैटरी चालित ट्राइसाइकिल सतीश सिकरवार द्वारा ग्वालियर से भेजी गई थी। कांग्रेस नेता एवं पूर्व युवक कांग्रेस अध्यक्ष सिद्धार्थ चौहान और वर्तमान युवक कांग्रेस अध्यक्ष सत्यम चौहान इसे शिवपुरी लेकर पहुंचे। इसके बाद अन्य कांग्रेस नेताओं के साथ उन्होंने अशफाक के घर जाकर उन्हें ट्राइसाइकिल सौंपी। अशफाक ने मौके पर ही बैटरी चालित ट्राइसाइकिल चलाकर देखी और बताया कि इससे उनकी आवाजाही अब आसान हो जाएगी। उमंग सिंगार ने जल्द ही शिवपुरी आकर अशफाक से व्यक्तिगत रूप से मिलने का आश्वासन भी दिया है।
जालोर जिले में नार्को टेस्ट से 2 दिन पहले मर्डर के नामजद आरोपी की हत्या हो गई। 65 साल का आरोपी किसान रात में खेत की रखवाली करने गया था। सुबह घर नहीं पहुंचा तो बेटा बुलाने गया। खेत में पिता का लहूलुहान शव देख बेटे के होश उड़ गए। किसान के सिर और कान पर धारदार हथियार से वार के निशान थे। पैर टूटा हुआ था। मामला बिशनगढ़ थाना इलाके के एलाना गांव का मंगलवार सुबह 7 बजे का है। डीएसपी गौतम जैन ने बताया- ऐलाना गांव निवासी तेजाराम चौधरी (65) पुत्र सुरथाराम मर्डर के मामले में नामजद था। दो दिन बाद उसका नार्को टेस्ट होने वाला था। इससे पहले ही उसकी हत्या कर दी गई। खेत की रखवाली करने गया था तेजाराम ने गांव के ही रहने वाले डॉ. जुगराज के खेत बंटाई पर ले रखे थे। उसके घर से खेत की दूरी 600 मीटर है। तेजाराम सोमवार शाम 4 बजे खेतों की रखवाली करने निकला था। रात को खेत में बने टिनशेड के नीचे सो गया। मंगलवार सुबह 7 बजे तेजाराम का बेटा खेत में पहुंचा तो वहां पिता की लहूलुहान लाश पड़ी थी। उसने बिशनगढ़ थाना पुलिस को फोन पर सूचना दी और परिवार व गांव वालों को जानकारी दी। बिशनगढ़ थाना पुलिस मौके पर पहुंची। जालोर से डीएसपी गौतम जैन भी पुलिस जाब्ता लेकर पहुंचे। मौके पर FSL टीम को बुलाया गया और सबूत जुटाए गए। बॉडी को मांडवला सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में रखवाया गया। पोस्टमॉर्टम कर शव परिजनों को सौंप दिया गया। 8 जनवरी को हुई थी चरवाहे की हत्या डीएसपी गौतम जैन ने बताया- तेजाराम चौधरी हत्या के एक मामले में नामजद था। बिशनगढ़ थाने में 8 जनवरी को ऐलाना गांव के चरवाहे बूटाराम की हत्या का मामला दर्ज कराया गया था। इसमें तेजाराम चौधरी भी नामजद था। बूटाराम और तेजाराम मिलकर खेत बंटाई पर लेते थे। 22 दिसंबर को बूटाराम अचानक लापता हो गया था। 23 दिसंबर को उसके परिवार के लोगों ने बिशनगढ़ थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी। इसके बाद 8 जनवरी को बालोतरा के तेलवाड़ा गांव में बूटाराम का शव क्षत-विक्षत हालत में मिला था। बूटाराम की चप्पलें ऐलाना गांव (जालोर) में तेजाराम चौधरी के खेत में मिली थी। ऐसे में तेजाराम को भी हत्या में नामजद आरोपी बनाया गया था। दो दिन बाद तेजाराम का इस मामले में नार्को टेस्ट होना था। ऐसे में इस मर्डर ने मौत की गुत्थी को उलझा दिया। पुलिस अब आरोपी की तलाश में जुट गई है। यह खबर भी पढ़ें युवक का शव टुकड़ों में था, हाथ-पैर कटे हुए थे:परिजन बोले- पुरानी रंजिश के कारण उसकी हत्या हुई; 5 दिन बाद भी हत्यारे फरार जालोर के तेलवाड़ा गांव में 8 जनवरी को क्षत- विक्षत हालत में मिले शव के हत्यारों को 5 दिन बाद भी पुलिस पकड़ नहीं पाई है। शव के साथ बर्बरता की गई थी, उसके दोनों हाथ-पैर कटे हुए थे। एक हाथ का पंजा अलग था, जबकि शव को भी जलाने का प्रयास किया गया था। परिजनों ने मृतक बूटाराम की हत्या की आशंका जताते हुए बिशनगढ़ थाने में रिपोर्ट दी थी। (पढ़ें पूरी खबर)
खगड़िया के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) परबत्ता में मंगलवार को सिविल सर्जन डॉ. रामेंद्र कुमार ने औचक निरीक्षण किया। इस दौरान स्वास्थ्य केंद्र में भारी अव्यवस्था, कर्मचारियों की मनमानी और अनुशासनहीनता सामने आई। निरीक्षण के बीच परबत्ता विधायक बाबूलाल शौर्य भी मौके पर पहुंचे। सिविल सर्जन ने सबसे पहले उपस्थिति व्यवस्था की जांच की। उन्होंने पाया कि अटेंडेंस रजिस्टर प्रभारी प्रखंड चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. कशिश द्वारा बंद रखा गया था। इस पर सिविल सर्जन ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि कार्यालय समय पर न खुलने से कर्मचारी समय पर उपस्थिति दर्ज नहीं करा पाते, जो गंभीर लापरवाही है। निर्धारित समय से काफी देर से पहुंचे थे जांच में यह भी सामने आया कि किरानी चंद्रकांत निर्धारित समय से काफी देर से पहुंचे थे और देरी का कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। बीसीएम रोशन कुमार ड्यूटी समय पर अनुपस्थित मिले। कर्मचारियों ने उनके 'क्षेत्र में होने' की बात कही, लेकिन वीडियो कॉल पर भी उनसे संपर्क नहीं हो सका। इसी प्रकार, हेल्थ मैनेजर नितेश कुमार भी बिना किसी पूर्व सूचना या आवेदन के गैरमौजूद पाए गए। सबसे महत्वपूर्ण बात यह थी कि प्रखंड चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. कशिश स्वयं निरीक्षण के दौरान गैरमौजूद थे, जबकि उनके खिलाफ पहले से लगातार शिकायतें मिल रही थीं। इस पर सिविल सर्जन डॉ. रामेंद्र कुमार ने तत्काल सख्त कार्रवाई करते हुए डॉ. कशिश का वेतन रोकने का आदेश दिया। उन्होंने सभी गैरमौजूद कर्मचारियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई का भी निर्देश दिया। मरीजों की सेहत से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा सिविल सर्जन ने स्पष्ट किया कि मरीजों की सेहत से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि दोषियों की जिम्मेदारी तय कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी, ताकि स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार सुनिश्चित हो सके। इस दौरान विधायक बाबूलाल शौर्य ने कर्मचारियों और मरीजों से सीधे बातचीत कर स्वास्थ्य सेवाओं की वास्तविक स्थिति का जायजा लिया। उन्हें शीघ्र दूर किया जाएगा। लापरवाह कर्मियों पर कठोर कदम उठाए जाएंगे और आम जनता को बेहतर व समयबद्ध स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना उनकी प्राथमिकता है।इधर प्रखंड चिकित्सा प्रभारी डॉ. कशिश सहित अन्य कर्मियों ने सिविल सर्जन के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि वे विभागीय कार्य से क्षेत्र में ड्यूटी पर तैनात थे। हालांकि औचक निरीक्षण के बाद से पूरे स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मचा हुआ है। कार्रवाई के संकेत मिलते ही लापरवाह कर्मियों की मुश्किलें बढ़ गई हैं और पूरे प्रखंड में इस निरीक्षण की चर्चा जोरों पर है।
छिंदवाड़ा नेशनल हाईवे पर बुकाखेड़ी डैम के पास मंगलवार शाम एक भीषण सड़क हादसा हो गया। पत्तागोभी से भरा एक ट्रक अनियंत्रित होकर पलट गया, जिसकी चपेट में आने से बाइक सवार पति-पत्नी की मौके पर ही मौत हो गई। मृतक दंपती ग्राम घाटपिपरिया से एक तेरहवीं कार्यक्रम में शामिल होकर वापस अपने गांव भरकावाड़ी लौट रहे थे। हादसे में ट्रक चालक और परिचालक भी घायल हुए हैं। ट्रक के परिचालक मनीष कसारे (23, निवासी खंबारा) ने बताया कि वह चालक रोहित बुआड़े (24, निवासी खंबारा) के साथ मंगलवार को ग्राम बिरुल बाजार से पत्तागोभी भरकर जबलपुर जा रहा था। शाम करीब 4:30 बजे बुकाखेड़ी डैम के पास मोड़ पर ट्रक अचानक अनियंत्रित होकर पलट गया। गोभी की बोरियों के नीचे दब गई बाइक ट्रक पलटने से पत्तागोभी की बोरियां सड़क पर बिखर गईं। इसी दौरान विपरीत दिशा से आ रही बाइक ट्रक की चपेट में आ गई और पति-पत्नी बाइक समेत गोभी की बोरियों के नीचे दब गए। 1033 एंबुलेंस के पायलट रविंद्र खंडारे ने बताया कि सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंचे और दबे हुए लोगों को बाहर निकाला, लेकिन तब तक दंपती की मौत हो चुकी थी। एंबुलेंस से अस्पताल पहुंचाए गए शव दोनों शवों को चिखलीकला टोल प्लाजा की एंबुलेंस से सरकारी अस्पताल पहुंचाया गया। मृतकों की पहचान भरकावाड़ी निवासी श्याम वानखेड़े (45) और उनकी पत्नी मोनिका (40) के रूप में हुई है। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
वाराणसी में मंगलवार रात सरस्वती प्रतिमा शोभायात्रा पर अराजकतत्वों ने पथराव कर दिया। थाना शिवपुर के गिलट बाजार से भोजूवीर जा रही प्रतिमा पर अर्दली बाजार मस्जिद के सामने अचानक पत्थर चलने लगे। डीजे पर डांस और जयघोष के बीच पथराव से हड़कंप मच गया। गिलट बाजार में कई थानों का फोर्स बुलाया गया है। शोभायात्रा में शामिल चार लोग पथराव में बुरी तरह घायल हो गए। इसके साथ ही प्रतिमा भी क्षतिग्रस्त हो गई। हंगामा देखकर शोभायात्रा में शामिल पुलिस ने प्रतिमा को आनन फानन मौके से निकाला, जिसके बाद कई थानों का फोर्स बुलाया गया है। शोभायात्रा में लगभग 300 श्रद्धालु शामिल थे। तस्वीरों में देखें पथराव स्थल के हालात ... मनीष सोनकर ने बताया- हम लोग आराम से जा रहे थे। तभी 15 से 20 लोग आए और पत्थर चलाने लगे। शोभायात्रा में महिलाएं भी थी। कई लोग घायल हुए है। धर्मेंद्र ने कहा- हम लोग मुर्ति के आगे-आगे चल रहे थे। रास्ता खाली करा रहे थे। ये लोग लाठी-डंडा लेकर पहले से ही लैस थे। इसके बाद गली से बड़े-बड़े पत्थर और ईंटें आने लगी। जिसमें हमारे 5 से 7 लोग घायल है। पुलिस ने हम लोगों ने शिकायत की है। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि गिरफ्तारी होगी, लेकिन अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है। एसीपी कैंट नितिन तनेजा- प्रतिमा विसर्जन का जुलूस चल रहा है। प्रतिमा शिवपुर में फाइनली विसर्जित होनी है। इसमें दोनों पक्ष सोनकर है। एक लड़का जिसने मारपीट की है। उसका नाम अमन सोनकर है। इन दोनों का पहले से ही झग़डा चल रहा था। दोनों ने शराब पी रखी थी। इसलिए झगड़ा हो गया। फिलहाल अभी मूर्ति के विसर्जन के बाद तहरीर लेकर कार्रवाई की जाएगी।
बांका में युवाओं को रोजगार से जोड़ने के उद्देश्य से एक दिवसीय जिला स्तरीय नियोजन-सह-व्यवसायिक मार्गदर्शन मेला आयोजित किया जा रहा है। यह मेला 28 जनवरी 2026 (बुधवार) को आर. एम. के. इंटर स्कूल, बांका के मैदान में सुबह 10:00 बजे से शाम 04:00 बजे तक लगेगा। जिला नियोजन पदाधिकारी ने बताया कि यह मेला नियोजक आपके द्वार कार्यक्रम के तहत आयोजित हो रहा है। इसमें विभिन्न निजी और अन्य नियोजकों द्वारा युवाओं को निःशुल्क रोजगार के अवसर प्रदान किए जाएंगे। मेला रोजगार पाने का एक महत्वपूर्ण अवसर 8वीं, 10वीं, KYP, इंटरमीडिएट, स्नातक, स्नातकोत्तर, आईटीआई, डिप्लोमा, बी.टेक और एमबीए सहित विभिन्न शैक्षणिक योग्यता वाले अभ्यर्थी इसमें भाग ले सकते हैं। KYP उत्तीर्ण युवक-युवतियों के लिए यह मेला रोजगार पाने का एक महत्वपूर्ण अवसर है। मेले में भाग लेने के लिए अभ्यर्थियों का NCS पोर्टल (www.ncs.gov.in) पर निबंधन अनिवार्य है। निबंधन की सुविधा जिला नियोजनालय, बांका के कार्यालय में और मेला स्थल पर भी उपलब्ध रहेगी, ताकि अधिक से अधिक अभ्यर्थी इसका लाभ उठा सकें। अंतिम चयन तक की पूरी प्रक्रिया निशुल्क होगी जिला नियोजन पदाधिकारी ने स्पष्ट किया कि मेले में प्रवेश से लेकर अंतिम चयन तक की पूरी प्रक्रिया निशुल्क होगी। अभ्यर्थियों से अनुरोध है कि वे अपने साथ बायोडाटा, शैक्षणिक एवं तकनीकी योग्यता से संबंधित प्रमाण-पत्रों की छायाप्रति और पासपोर्ट साइज फोटो लेकर आएं। इस आयोजन से जिले के बेरोजगार युवाओं को रोजगार की दिशा में एक महत्वपूर्ण मंच मिलने की उम्मीद है।
खरगोन जिले में मंगलवार दोपहर बाद मौसम में अचानक बदलाव आया। शाम 5.30 बजे बूंदाबांदी शुरू हुई, जिसके बाद हल्की बारिश दर्ज की गई। खरगोन, देवली, महेश्वर, कसरावद, सरवर देवला, लोहारी, सैलानी और बोरावा सहित कई गांवों में बारिश हुई है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, उत्तरी हिस्से में विक्षोभ बनने के कारण बारिश के आसार बने हैं। मौसम विभाग ने कल (28 जनवरी) के लिए बारिश का अलर्ट जारी किया है। साथ ही, क्षेत्र में बिजली कड़कने और गिरने की आशंका भी जताई गई है। अचानक हुई इस बारिश से किसानों को खेतों में खड़ी गेहूं और चना की फसल को लेकर चिंता सता रही है। किसानों ने खलिहान में रखी मक्का की फसल को तिरपाल से ढककर सुरक्षित किया है। किसान दशरथ राठौर ने बताया कि हल्की बारिश से फसल को नुकसान होने की आशंका बढ़ गई है। उन्होंने यह भी कहा कि तेज हवा चलने पर बाली पर आ चुके गेहूं के उत्पादन पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। दिन का अधिकतम तापमान 30 डिग्री व न्यूनतम तापमान 10.8 डिग्री दर्ज हुआ है। दिनभर उमस रही। शाम को मौसम बदलने से ठंड बढ़ गई।
ग्वालियर में 26 जनवरी गणतंत्र दिवस के अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर ने SAF ग्राउंड पर ध्वजारोहण किया। इसके बाद वे जयारोग्य के एक हजार बिस्तर अस्पताल के पास स्थित शासकीय माध्यमिक विद्यालय पहुंचे थे, जहां उन्होंने बच्चों के साथ भोजन किया। यह विशेष भोजन प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना के तहत आयोजित किया गया था। 26 जनवरी के उपलक्ष्य में स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों के लिए पूरी, सब्जी और हलवा तैयार किया गया था। वहीं, विधानसभा अध्यक्ष और अन्य अधिकारियों के लिए अलग से पूरी, आलू-छोले की सब्जी, सूखी सब्जी और खीर का प्रबंध किया गया था। हालांकि, दैनिक भास्कर द्वारा मंगलवार को किए गए रियलिटी चेक में प्रशासन के दावों की पोल खुल गई। जिस स्कूल में विधानसभा अध्यक्ष ने बच्चों के साथ भोजन किया था, वहा मंगलवार को बच्चों को दोपहर का भोजन डेढ़ घंटे देरी से मिला। सुबह 11:45 बजे तक खाना नहीं आया था और बच्चे भोजन का इंतजार कर रहे थे। उन्हें दोपहर 12:30 बजे के बाद ही खाना मिल पाया। यह स्थिति गणतंत्र दिवस पर हुए विशेष आयोजन के विपरीत थी, जिससे यह स्पष्ट होता है कि यह व्यवस्था प्रशासन के अधिकारियों के द्वारा केवल दिखाने के लिए की गई थी। यह शासकीय माध्यमिक विद्यालय ब्रांच दाना होली में कक्षा 1 से 8 तक संचालित होता है, जिसमें लगभग 36 छात्र-छात्राएं पढ़ते हैं। स्कूल लगभग 2000 से 2500 वर्ग फीट क्षेत्र में फैला हुआ है। विधानसभा अध्यक्ष के दौरे के लिए स्कूल को विशेष रूप से सजाया गया था। भोजन के उपरांत नरेंद्र सिंह तोमर ने बच्चों को सरकार की ओर से मिलने वाले ट्रैक सूट और स्कूल बैग भी वितरित किए थे। दैनिक भास्कर से बात करते हुए 8वीं कक्षा की छात्रा प्रियांशी रावत ने बताया कि उन्हें रोज अच्छा खाना नहीं मिलता है। उसके अनुसार, खाना बाहर से आता है। गणतंत्र दिवस पर उन्हें पूरी, सब्जी और हलवा मिला था। खीर भी बनी थी, लेकिन उसने नहीं ली थी। प्रियांशी ने यह भी बताया कि ऐसा विशेष खाना रोज नहीं मिलता, बल्कि हर दिन अलग-अलग खाना आता हैं। एक अन्य छात्र यश रावत ने पुष्टि की कि गणतंत्र दिवस पर मिला खाना सामान्य दिनों से अलग था। उसने बताया कि मंत्री जी के आने के कारण उन्हें आलू की सूखी सब्जी, हलवा, खीर और पूरी मिली थी। यश के अनुसार, शुक्रवार को खिचड़ी और बुधवार को चावल जैसे अलग-अलग व्यंजन प्रतिदिन परोसे जाते हैं। स्कूल की शिक्षिका मीनाक्षी त्रिपाठी ने बताया कि गणतंत्र दिवस पर प्रशासन द्वारा मिड डे मील भोजन का आयोजन किया गया था। इस दौरान विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर सहित कई अधिकारी बच्चों के साथ भोजन करने आए थे। बच्चों के लिए पूरी, हलवा और सब्जी बनाई गई थी, जबकि मंत्री जी के लिए अलग रसोई में भोजन तैयार किया गया था। शिक्षिका ने यह भी बताया कि स्कूल में लगभग चार शिक्षक हैं और बच्चों को प्रतिदिन अलग-अलग खाना मिलता है।
भोपाल-विदिशा स्टेट हाईवे-18 पर मंगलवार शाम एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। दीवानगंज पुलिस चौकी क्षेत्र के कुलहड़िया मोड़ के पास तेज रफ्तार बोलेरो पिकअप ने एक स्कूटी को टक्कर मार दी। इस हादसे में स्कूटी चला रहे बेटे तखत सिंह राजपूत की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पीछे बैठे पिता प्रेम सिंह राजपूत गंभीर रूप से घायल हो गए। मृतक ने हेलमेट नहीं पहना था, जिससे सड़क पर गिरते ही उनका सिर फट गया। जानकारी के अनुसार, गंजबासौदा (विदिशा) निवासी तखत सिंह राजपूत अपने पिता प्रेम सिंह राजपूत के साथ स्कूटी से भोपाल आए थे। शाम करीब 4 बजे वे वापस गंजबासौदा लौट रहे थे। तभी कुलहड़िया मोड़ के पास सामने से आ रही एक तेज रफ्तार बोलेरो पिकअप ने उनकी स्कूटी को जोरदार टक्कर मार दी। पिता की हालत नाजुक, विदिशा रेफर टक्कर इतनी भीषण थी कि तखत सिंह की मौके पर ही जान चली गई। सूचना मिलते ही दीवानगंज पुलिस चौकी की टीम मौके पर पहुंची। घायल पिता प्रेम सिंह को 108 एंबुलेंस से सांची अस्पताल ले जाया गया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें विदिशा रेफर कर दिया है। गाड़ी छोड़कर भागा ड्राइवर हादसे के बाद आरोपी ड्राइवर बोलेरो पिकअप को मौके पर ही छोड़कर फरार हो गया। पुलिस ने पिकअप को जब्त कर लिया है और मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए सांची स्थित मर्चरी में रखवा दिया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर फरार चालक की तलाश शुरू कर दी है।
बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा जहानाबाद के पतियावां गांव पहुंचे। उन्होंने पटना के शंभू हॉस्टल में संदेहास्पद स्थिति में मृत पाई गई नीट की तैयारी कर रही छात्रा के परिजनों से मुलाकात की और उन्हें न्याय दिलाने का भरोसा दिया। देर शाम उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा मृतक छात्रा के परिजनों से मिलने पहुंचे थे। उनसे मिलते ही मृतका की मां फूट-फूट कर रोने लगीं। इस दौरान विजय सिन्हा ने परिजनों को सांत्वना दी और आश्वस्त किया कि इस मामले में जो भी दोषी होंगे, चाहे उनकी पहुंच कितनी भी बड़ी क्यों न हो, उन्हें किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। ''निचले स्तर के अधिकारी इस कांड की गंभीरता को नहीं समझ पाए'' परिजनों से मुलाकात के बाद मीडिया से बातचीत में उपमुख्यमंत्री ने बताया कि शुरुआत में पुलिस के निचले स्तर के अधिकारी इस कांड की गंभीरता को नहीं समझ पाए थे। उनकी लापरवाही के कारण दो अधिकारियों पर कार्रवाई की गई है। ''सरकार की अस्मिता का सवाल'' डिप्टी सीएम विजय सिन्हा ने जोर देकर कहा कि यह सिर्फ एक बेटी की मौत का नहीं, बल्कि सरकार की अस्मिता का सवाल है। उन्होंने डीएनए सैंपल के लिए रक्त लिए जाने के मामले पर कहा कि यह जांच की एक पारदर्शी प्रक्रिया है। ''निश्चित रूप से सजा मिलेगी'' उन्होंने आगे कहा कि इस प्रक्रिया के बाद दोषी चाहे कितने भी रसूखदार क्यों न हों, उन्हें निश्चित रूप से सजा मिलेगी। इस दौरान उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा के साथ एमएलसी अनिल शर्मा, विधायक ऋतुराज कुमार, विधायक मनोज शर्मा, बीजेपी के पूर्व एमएलसी राधा मोहन शर्मा, बीजेपी नेता अजय सिंह टुन्नू, अजेंद्र शर्मा और रंजीत रंजन सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे।
बुरहानपुर में तेज हवा के साथ भारी बारिश:कई इलाकों में बिजली गुल, फसलों को नुकसान की आशंका
बुरहानपुर जिले में मंगलवार शाम मौसम का मिजाज अचानक बदल गया। शाम करीब 6:30 बजे तेज हवाओं के साथ भारी बारिश शुरू हो गई। बुरहानपुर शहर सहित जिले के कई हिस्सों में बिजली गुल हो गई। शाम 7 बजे तक जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में कहीं तेज बारिश तो कहीं रिमझिम का दौर जारी रहा। नेपाननगर, डाभियाखेड़ा, नावरा और निंबोला जैसे क्षेत्रों में भी मौसम में बदलाव देखा गया। निंबोला में शाम 6:15 बजे से ही तेज बारिश शुरू हो गई थी, जिसके कारण वहां भी बिजली आपूर्ति बाधित रही। मौसम बदलने से पहले जिले का अधिकतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 17 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया जा रहा था। तेज हवाओं और बारिश के कारण फसलों को नुकसान पहुंचने की आशंका जताई जा रही है, जिसकी वास्तविक जानकारी कल (बुधवार) तक सामने आ सकेगी।
बैतूल जिले में मंगलवार को पुलिस विभाग में तबादलों की नई सूची जारी की गई है। पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन ने चार थानों के प्रभारी स्तर के अधिकारियों के पदस्थापन आदेश जारी किए हैं। इन आदेशों में कोतवाली, गंज, शाहपुर और रानीपुर थानों के टीआई शामिल हैं। शाहपुर टीआई देवकरण डेहरिया को दोबारा कोतवाली टीआई बनाया गया है। इससे पहले भी वे 15 फरवरी 2024 से 16 नवंबर 2024 तक लगभग दस महीने कोतवाली प्रभारी रह चुके हैं। वहीं, निरीक्षक नीरज पाल को कोतवाली प्रभारी पद से हटाकर गंज थाना भेजा गया है। उन्हें 23 अक्टूबर 2025 को कोतवाली का प्रभारी बनाया गया था। प्रशिक्षु डीएसपी सैफ़ा हाशमी, जो अब तक गंज थाना प्रभारी के रूप में प्रशिक्षण ले रही थीं, उन्हें वहां से हटाकर मुल्ताई एसडीओपी कार्यालय में अटैच किया गया है। अब वे एसडीओपी मुल्ताई के अधीन प्रशिक्षण प्राप्त करेंगी। इसके अतिरिक्त, रानीपुर थाना प्रभारी अरविंद कुमरे को शाहपुर थाने की कमान सौंपी गई है। रानीपुर में फिलहाल किसी नए अधिकारी की पोस्टिंग नहीं की गई है। उल्लेखनीय है कि पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन ने बैतूल में अपनी पदस्थापना के महज दो दिन बाद ही कोतवाली टीआई रविकांत डहरिया को लाइन हाजिर कर दिया था। वर्तमान में रविकांत डेहरिया, बबीता उइके और सरविंद धुर्वे जैसे टीआई स्तर के अधिकारी लाइन में हैं, जिन्हें पिछले छह महीनों से फील्ड पोस्टिंग नहीं मिल पाई है। पिछली बार एसपी ने 27 नवंबर को फेरबदल किया था।
रेवाड़ी जिले के गांव करनावास में युवती ने छत पर फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतका बावल की एक कंपनी में काम करती थी और यूपी के शाहजहांपुर की रहने वाली थी। युवती मानसिक रूप से परेशान बताई जा रही थी। मंगलवार सुबह जब घटना का पता चला तो ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। मॉडल टाउन थाना पुलिस ने परिजनों के बयान पर पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है। छत पर जाकर लगाई फांसीजानकारी के अनुसार 19 वर्षीय निशा बावल की एक कंपनी में काम करती थी। बीती रात वह मकान की छत पर गई और गले में चुन्नी बांधकर फंदा लगा लिया। सुबह जब घटना का पता चला तो ग्रामीणों में हड़कंप मच गया और मामले की सूचना पुलिस को दी। परिजनों ने बताया कि निशा गांव के युवक से फोन पर बात करती थी। हालांकि उन्होंने आत्महत्या के लिए किसी को जिम्मेदार नहीं ठहराया है। निशा दो माह पहले करणावास में किराए पर रहने के लिए आई थी। हर एंगल से जांच करेगी पुलिसमॉडल टाउन थाना पुलिस का कहना है कि परिजनों ने किसी पर आशंका नहीं जताई है। शव पोस्टमॉर्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया गया है। पुलिस हर एंगल से मामले की जांच करेगी। जांच में यदि कुछ सामने आया तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
पंजाब मोर्चा के कन्वीनर और जल अधिकार कार्यकर्ता गौरव राणा ने स्वां नदी को व्यवस्थित रूप से चैनेलाइज करने तथा नंगल डैम के बाद सतलुज-स्वां संगम पर एक छोटा बांध बनाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि रिपेरियन एक्ट के तहत पंजाब और इस क्षेत्र के लोगों का नदी के पानी पर कानूनी अधिकार है, लेकिन किसी भी सरकार ने सतलुज और स्वां नदी के विकास पर गंभीरता नहीं दिखाई। पत्रकारों से बात करते हुए राणा ने बताया कि स्वां और सतलुज नदियों में उपलब्ध प्राकृतिक मिट्टी और सामग्री का उपयोग कर इन्हें चैनेलाइज किया जा सकता है। इससे बाढ़ नियंत्रण के साथ-साथ सिंचाई की स्थायी व्यवस्था भी सुनिश्चित होगी। उन्होंने हिमाचल प्रदेश का उदाहरण दिया, जहां स्वां नदी और अन्य सहायक नदियों को इंजीनियरिंग विधियों से चैनेलाइज कर बाढ़ पर प्रभावी नियंत्रण पाया गया है। इसके विपरीत, पंजाब में हर साल यह बहुमूल्य पानी बिना उपयोग के बह जाता है। पंजाब के निचले हिस्सों को पहुंचता है नुकसान : राणा राणा ने बताया कि बाढ़ के दौरान स्वां नदी से भारी मात्रा में पानी और गाद बहकर पंजाब के निचले इलाकों को नुकसान पहुंचाती है। उन्होंने सुझाव दिया कि यदि काहनपुर खूही क्षेत्र के पास नंगल डैम की तर्ज पर एक छोटा बांध बनाया जाए, तो बीत क्षेत्र के लगभग 25 गांवों और काहनपुर खूही क्षेत्र के करीब 15 गांवों की सिंचाई समस्या का स्थायी समाधान हो सकता है। गौरव राणा ने नूरपुर बेदी इलाके के लिए एक और मांग रखी। उन्होंने नंगल के मोजोवाल डैम से रामपुर धाम सबोर, हियातपुर, झांडियां और टिब्बा टपियां तक एक छोटी नहर के निर्माण की बात दोहराई। उन्होंने बताया कि इस मांग को लेकर स्थानीय निवासी कई बार सरकार और मंत्रियों से मुलाकात कर चुके हैं। उन्होंने जोर दिया कि नदियों के चैनेलाइजेशन से अवैध खनन पर भी काफी हद तक अंकुश लगेगा और पर्यावरण संरक्षण सुनिश्चित होगा। राणा ने शिक्षा मंत्री और क्षेत्रीय विधायक हरजोत सिंह बैंस से इस मुद्दे पर ठोस पहल करने की अपील की है।
कुरुक्षेत्र जिले के बाबैन में हाईस्पीड ऑल्टो कार सड़क किनारे शीशम के पेड़ से टकरा गई। इस जोरदार टक्कर में कार क्षतिग्रस्त हो गई, जबकि इसमें कार चला रहे युवक समेत उसका 17 साल का दोस्त जख्मी हो गए। किशोर के सिर में गहरी चोटें आईं थी, जिसने आज शाहाबाद के अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। मृतक किशोर की पहचान जसकरण सिंह निवासी बाबैन के रूप में हुई है। जसकरण अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। हादसा के समय जसकरण अपने दोस्त पुल्कित की कार में सवार था। हादसा 23 जनवरी को हुआ। पुलिस जसकरण के पिता की शिकायत पर उसके दोस्त के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया। काम के बहाने ले गया था साथ त्रिलोक सिंह निवासी बाबैन ने पुलिस को बताया कि 23 जनवरी 2026 को पुल्कित उसके बेटे जसकरण को किसी काम के बहाने अपनी ऑल्टो कार (HR-07-AA-1038) में अपने साथ ले गया था। काफी देर तक उसका बेटा वापस नहीं लौटा। उसने फोन नहीं उठाया तो वे उसे ढूंढने पुल्कित की दुकान पहुंचे। सुजरा बस अड्डे के पास हुआ हादसा वहां से पता चला कि पुल्कित की कार का सुजरा बस अड्डे के पास एक्सीडेंट हो गया है। मौके पर पहुंचे लोगों ने बताया कि कार शाहबाद की ओर जा रही थी। गाड़ी तेज रफ्तार में थी और ड्राइवर ने लापरवाही बरती, जिससे कार का संतुलन बिगड़ गया और कार सड़क के दूसरी तरफ खड़े शीशम के पेड़ और पुलिया से टकरा गई। सिर में गंभीर चोट, अस्पताल में भर्ती हादसे में जसकरण के सिर में गंभीर चोटें आईं, जबकि पुल्कित को भी चोट लगी। दोनों को पहले आदेश अस्पताल मोहड़ी में भर्ती कराया गया। बाद में जसकरण को गंभीर हालत में मीरी-पीरी अस्पताल शाहबाद रेफर किया गया। दोनों पुलिस को बयान देने की हालत में नहीं थे। इलाज के दौरान जसकरण की 26-27 जनवरी की रात करीब 2 बजे जसकरण ने दम तोड़ दिया। पुलिस ने जसकरण के दोस्त के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस ने आज जसकरण के शव का पोस्टमॉर्टम करवाकर परिजनों के हवाले कर दिया।
हरियाणा के पूर्व उपमुख्यमंत्री एवं JJP नेता दुष्यंत चौटाला करनाल में आयोजित युवा योद्धा सम्मेलन में पहुंचे। सम्मेलन में उनके साथ JJP नेता दिग्विजय चौटाला भी मौजूद रहे। सम्मेलन के बाद मीडिया से बातचीत में दुष्यंत चौटाला ने एसवाईएल मुद्दे पर हरियाणा और पंजाब के मुख्यमंत्रियों की बैठक को लेकर सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि अगर हरियाणा के मुख्यमंत्री चाहते तो यह मामला 6 महीने पहले हुई बैठक में ही सुलझ सकता था। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा आगामी पंजाब चुनाव को देखते हुए जानबूझकर इस मुद्दे को टाल रही है। दुष्यंत चौटाला ने कहा कि केंद्र सरकार को सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले पर फैसला करने के आदेश दे रखे हैं, लेकिन दो साल बीतने के बाद भी कोई ठोस निर्णय नहीं हुआ। हरियाणा सरकार चाहे तो कंटेम्प्ट ऑफ कोर्ट भी दायर कर सकती है, लेकिन ऐसा नहीं किया जा रहा। इससे साफ है कि हरियाणा के मुख्यमंत्री ही नहीं चाहते कि पंजाब के साथ एसवाईएल पर कोई अंतिम फैसला हो। यूजीसी गाइडलाइंस पर जताई गंभीर चिंता दुष्यंत चौटाला ने कहा कि आज देश में सबसे महत्वपूर्ण बहस यूजीसी की दो नई गाइडलाइंस को लेकर है। पहली गाइडलाइन वाइस चांसलर की नियुक्ति से जुड़ी है और दूसरी यूनिवर्सिटी और कॉलेजों के भीतर कमेटियां बनाकर मॉनिटरिंग करने से संबंधित है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार कॉन्क्रेंट लिस्ट के विषय को कमजोर कर इसे केंद्र के कानून के रूप में लागू करना चाहती है, जो बेहद खतरनाक है। उन्होंने कहा कि अगर किसी कॉलेज या यूनिवर्सिटी की कमेटी कार्रवाई नहीं करती तो उसे यूजीसी से वंचित करने का प्रावधान रखा गया है। वहीं वाइस चांसलर की नियुक्ति पहले राज्य का विषय था, जिसे अब केंद्र की कमेटियों के अधीन लाया जा रहा है। इससे राज्यों के पास यह अधिकार ही नहीं बचेगा कि वे अपनी यूनिवर्सिटियों के वाइस चांसलर नियुक्त कर सकें। शिक्षित समाज से विरोध की अपील दुष्यंत चौटाला ने कहा कि वह तब हैरान रह गए, जब उत्तर प्रदेश सरकार के एक सीटीएम ने यूजीसी गाइडलाइंस के विरोध में इस्तीफा दे दिया। अगर पढ़े-लिखे और शिक्षित लोग इसे खतरा मान रहे हैं तो सोचिए देश की 55 प्रतिशत आबादी, जो उच्च शिक्षा में है या आने वाली है, उसके लिए यह कितना बड़ा खतरा है। कर्ण चौटाला के बयान पर प्रतिक्रिया इनेलो नेता कर्ण चौटाला के उस बयान पर, जिसमें उन्होंने कहा था कि जिन्हें जनता ने नकार दिया, उनके बारे में वह बात नहीं करना चाहते, दुष्यंत चौटाला ने कहा कि जनता ने JJP को सिर्फ नकारा ही नहीं, बल्कि कई जगह पूचकारा और गले भी लगाया है। उन्होंने ऐलान किया कि युवाओं को सशक्त बनाने के लिए युवा योद्धा अभियान को आगे बढ़ाया जाएगा और 13 मार्च को डॉ. अजय सिंह चौटाला के जन्मदिन पर प्रदेशभर का युवा एकजुट होगा। दिग्विजय चौटाला का यूजीसी और एसवाईएल पर तीखा बयान JJP नेता दिग्विजय चौटाला ने यूजीसी मुद्दे पर कहा कि केंद्र सरकार जनमानस की भावनाओं के साथ खेलना चाहती है। उन्होंने कहा कि जो लोग इतिहास से नहीं सीखते, वे सुनहरा भविष्य नहीं देख सकते। उन्होंने युवाओं से कहा कि भाजपा से नहीं, बल्कि आरएसएस की सोच से लड़ने की जरूरत है। एसवाईएल मुद्दे पर दिग्विजय चौटाला ने कहा कि भाजपा और केंद्र की राजनीति करने वाले लोग इस मुद्दे को कभी सुलझने नहीं देंगे। कांग्रेस और भाजपा दोनों ही अपने-अपने राज्यों में राजनीतिक हितों को सुरक्षित रखना चाहते हैं। अगर वे हरियाणा में एसवाईएल की बात करेंगे तो पंजाब में इसका नुकसान झेलना पड़ेगा। उन्होंने दो टूक कहा कि एसवाईएल की लड़ाई सिर्फ JJP ही लड़ेगी। इनेलो पर दिग्विजय चौटाला का तंज इनेलो नेता कर्ण चौटाला के बयान पर दिग्विजय चौटाला ने तंज कसते हुए कहा कि एक कहावत है- चीन नहीं तो कोचिन ही सही। उन्होंने कहा कि इनेलो के युवा सम्मेलनों में 90 प्रतिशत भीड़ बुजुर्गों की होती है। उन्होंने कर्ण चौटाला को नसीहत दी कि पहले अपनी पार्टी में युवाओं के लिए लड़ाई लड़ें। उन्होंने सौरव गांगुली का उदाहरण देते हुए कहा कि जैसे गांगुली अपने करियर का आखिरी मैच खेलने के लिए बीसीसीआई से मिन्नतें करते रहे, लेकिन किसी ने नहीं सुना, वैसा ही हाल मेरे चाचा और उनकी पार्टी का है। उन्होंने कहा कि इनेलो के पास न कोई विजन है, न सोच और न ही कोई प्रगतिशील एजेंडा, सिर्फ डराने और धमकाने की राजनीति बची है।
सीकर में मंगलवार को बेरी गांव के किसानों ने हल्ला बोल किया और श्री सीमेंट कंपनी गोठड़ा के लिए प्रस्तावित रेलवे लाइन के लिए जबरन भूमि अधिग्रहण का आरोप लगाया। किसानों ने अतिरिक्त जिला कलेक्टर को ज्ञापन देकर कहा कि अब तो जमाबंदी में भी किसानों की जमीनें रेलवे के नाम हो गई है, फिर भी किसानों की कोई सुनवाई नहीं हुई है। अब क्या प्रशासन तभी सुनवाई करेगा, जब किसान आत्महत्या करने लगेंगे। हालांकि, एडीएम रतन कुमार स्वामी ने किसानों को जल्द ही एक कमेटी भेजकर सभी मांगों की समीक्षा करने का आश्वासन दिया है। श्री सीमेंट कंपनी के लिए दुर्जनपुरा से गोठड़ा तक रेलवे लाइन प्रस्तावित किसानों ने ज्ञापन देकर कहा कि श्री सीमेंट कंपनी के लिए दुर्जनपुरा (नवलगढ़) से गोठड़ा तक रेलवे लाइन प्रस्तावित है। इसके लिए किसानों की जमीनें जबरदस्ती अधिग्रहण की जा रही हैं। किसानों ने न्याय आधारित भूमि अधिग्रहण कानून- 2013 लागू करने की मांग करते हुए कहा कि भूमि अधिग्रहण कानून के तहत ग्रामीण क्षेत्र में बाजार मूल्य का 4 गुना तक मुआवजा देने का प्रावधान है। किसानों की ज्ञापन में विभिन्न मांग किसानों ने ज्ञापन में भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया रोककर 80 प्रतिशत किसानों की सहमति लेने, जमीन का मुआवजा बाजार मूल्य से 4 गुना दिलवाने, किसानों के पुनर्वास और पुनर्स्थापना की व्यवस्था करवाने, भूमि अधिग्रहण की सारी प्रक्रिया सार्वजनिक मंच पर करवाने और रेलवे ट्रैक के साथ सड़क निर्माण करवाने की मांग की है।
बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के अध्यक्ष आनंद किशोर और विकास आयुक्त मिहिर कुमार सिंह ने मंगलवार को इंटरमीडिएट और मैट्रिक परीक्षाओं की तैयारियों की समीक्षा की। यह बैठक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के जिलाधिकारियों (डीएम) और पुलिस अधीक्षकों (एसपी) के साथ आयोजित की गई थी, जिसका मुख्य उद्देश्य कदाचार-मुक्त परीक्षा संचालन सुनिश्चित करना था। बैठक के दौरान, आगामी इंटरमीडिएट परीक्षा (2 से 13 फरवरी तक) और वार्षिक माध्यमिक परीक्षा (17 से 25 फरवरी तक) के सफल आयोजन से संबंधित सभी आवश्यक तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की गई। परीक्षाओं के लिए कुछ नई व्यवस्थाएं भी लागू की गई इस वर्ष की परीक्षाओं के लिए कुछ नई व्यवस्थाएं भी लागू की गई हैं। इनमें एक बेंच पर केवल दो छात्रों का बैठना शामिल है। इसके अतिरिक्त, प्रश्न पत्रों के बंडल परीक्षा कक्ष में ही दो छात्रों के हस्ताक्षर से खोले जाएंगे। प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर पब्लिक एड्रेस सिस्टम भी लगाया जाएगा। परीक्षार्थियों को परीक्षा शुरू होने के आधे घंटे पूर्व तक ही केंद्र में प्रवेश की अनुमति होगी। बैठक में मौजूद रहे DM और SP के साथ कई अधिकारी जमुई से इस वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग बैठक में जिलाधिकारी नवीन, पुलिस अधीक्षक विश्वजीत दयाल, उप विकास आयुक्त सुभाष चंद्र मंडल, अपर समाहर्ता रविकांत सिंहा, अपर समाहर्ता विभागीय जांच बालमुकुंद प्रसाद, जिला परिवहन पदाधिकारी सुनील कुमार, अनुमंडल पदाधिकारी सौरव कुमार, भूमि सुधार उप समाहर्ता सुजीत कुमार, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी विनोद प्रसाद, वरीय उप समाहर्ता सावन, नागमणि कुमार वर्मा, जिला शिक्षा पदाधिकारी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
धार जिले के सरदारपुर थाना क्षेत्र में इंदौर-अहमदाबाद फोरलेन पर एक सड़क हादसे में करीब 50 वर्षीय अज्ञात महिला की मौत हो गई। यह घटना ग्राम भेरुचोकी के उंडेली फाटा के पास सोमवार-मंगलवार की दरमियानी रात हुई। पुलिस ने मंगलवार को शव का पोस्टमॉर्टम कराया और महिला की शिनाख्त के प्रयास कर रही है। सरदारपुर थाना प्रभारी रोहित कछावा ने बताया कि पुलिस को रात में सूचना मिली थी। सूचना के अनुसार, भेरुचोकी के पास अज्ञात वाहन की टक्कर से एक महिला की मौत हो गई थी और उसका शव क्षत-विक्षत हालत में पड़ा था। पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची और शव को सरदारपुर के सिविल अस्पताल ले गई। मंगलवार को महिला के शव का पोस्टमॉर्टम किया गया। फिलहाल उसकी शिनाख्त नहीं हो पाई है। पुलिस के अनुसार, मृतका मानसिक रूप से विक्षिप्त प्रतीत होती है। पुलिस टीम महिला की पहचान सुनिश्चित करने में जुटी हुई है।
गणतंत्र दिवस पर सोमवार को अंबिकापुर के वाटर पार्क में युवाओं के बीच जमकर मारपीट हुई। एक युवक को लेकर युवतियां आपस में भिड़ गईं। वाटर पार्क में हुई मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस टीम वाटर पार्क पहुंची, लेकिन मंगलवार शाम तक किसी भी मामले में एफआईआर दर्ज नहीं की गई। मामला गांधीनगर थाना क्षेत्र का है। जानकारी के अनुसार, गणतंत्र दिवस के दिन पिकनिक स्पॉट्स पर युवाओं की भारी भीड़ रही। अंबिकापुर के वाटर पार्क, संजय पार्क और सेनेटरी पार्क में बड़ी संख्या में युवक-युवतियां पहुंचे। इसी दौरान वाटर पार्क में कई गुटों के बीच जमकर मारपीट हुई। मारपीट की घटनाओं के वीडियो रिकॉर्ड कर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर अपलोड किए गए, जो अब वायरल हो रहे हैं। करीब 6 वीडियो सामने आए हैं। युवतियां आपस में भिड़ीं, युवकों के बीच मारपीट वाटर पार्क में दो युवतियों के बीच एक युवक से बातचीत को लेकर विवाद हुआ, जो देखते ही देखते गाली-गलौज और मारपीट में बदल गया। साथियों ने बीच-बचाव कर दोनों को अलग कराया। इस मामले में थाने में कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है। पार्क में युवकों की हिंसक झड़प कैमरे में कैद वायरल वीडियो में युवकों के दो गुटों के बीच भी मारपीट नजर आ रही है। एक युवक के कपड़े उतारकर उसे जमीन पर गिराया गया और जमकर पीटा गया, जिसे बाद में लोगों ने बचाया। एक अन्य युवक के साथ भी मारपीट की गई। कुछ वीडियो में दो गुटों के युवक आपस में भिड़ते दिखाई दे रहे हैं। हंगामे की सूचना पर पहुंची पुलिस वाटर पार्क में मारपीट और हंगामे की सूचना मिलने पर गांधीनगर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को शांत कराया। हालांकि, किसी भी पक्ष की ओर से अब तक थाने में शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है।
गुरुग्राम में निवेश के नाम पर 67 लाख रुपए से अधिक की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में नेसेंट कंपनी के मालिक मिथुन सिंह को महाराष्ट्र के पलावा शहर से गिरफ्तार किया है। बता दे कि आरोपी पर फर्म में हिस्सेदारी दिलाने का झांसा देकर निवेशकों से पैसे लेने और फिर मशीनरी बेचकर फरार होने का आरोप है। शिकायतकर्ताओं संदीप कुमार और राजेश कुमार ने पुलिस को बताया कि मिथुन सिंह ने उनसे संपर्क किया और अपनी फर्म को अत्यधिक लाभदायक बताते हुए उसमें हिस्सेदारी देने का वादा किया। बेहतर मुनाफे का भरोसा दिलाकर उसने उनसे कुल 67 लाख 71 हजार 728 रुपए का निवेश कराया। मशीनरी और अन्य सामान बेचकर फरार निवेश के बाद संदीप और राजेश को फर्म में भागीदार तो बनाया गया, लेकिन उन्हें वास्तविक व्यापारिक संचालन में कोई भूमिका नहीं दी गई और न ही कोई फायदा मिला। आरोप है कि वर्ष 2022 में मिथुन सिंह ने धोखाधड़ी की नीयत से बेसेंट फर्म बंद कर दी। उसने फर्म की मशीनरी और अन्य सामान बेचकर प्राप्त धनराशि अपने पास रख ली और निवेशकों को उनका पैसा वापस किए बिना फरार हो गया। शिकायत पर कार्रवाई इस शिकायत के आधार पर, खेड़की दौला पुलिस थाना में 26 नवंबर, 2024 को संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए इसकी जांच आर्थिक अपराध शाखा-II, गुरुग्राम को सौंपी गई। महाराष्ट्र से किया गिरफ्तार आर्थिक अपराध शाखा-II की पुलिस ने विभिन्न जानकारियों का गहन अध्ययन किया और तकनीकी सहायता का उपयोग करते हुए कार्रवाई की। 25 दिसंबर को आरोपी मिथुन सिंह (37 वर्ष), दशमेर नगर, जिला जम्मू (जम्मू-कश्मीर) को महाराष्ट्र के पलावा शहर से गिरफ्तार कर लिया गया। जुर्म किया कबूल प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी मिथुन सिंह ने स्वीकार किया कि उसने वर्ष 2019 में नेसेंट कंपनी की स्थापना की थी। वर्ष 2021 में फर्म के घाटे में चलने और कर्ज बढ़ने के कारण उसने संदीप और राजेश को साझेदार बनाया था। फलों की आपूर्ति का कारोबार कर रहा था वर्ष 2022 में उसने फर्म की मशीनरी व अन्य सामान बेचकर फर्म बंद कर दी और साझीदारों को कोई भी राशि लौटाए बिना फरार हो गया। गिरफ्तारी के समय वह पलावा शहर, महाराष्ट्र में कसिर नामक फर्म के माध्यम से फलों की आपूर्ति का कारोबार कर रहा था।
बालोतरा जिले की सिवाना कस्बे में शाम करीब 5 बजे एक कपड़ों की दुकान में आग लग गई। कुछ मिनटों में आग पूरी दुकान में फैल गई। स्थानीय लोगों और नगर पालिका के टैंकर से आग बुझाने का प्रयास किया। लेकिन तब तक दुकान में रखा लाखों रुपए का सामान जलकर राख हो गया। बालोतरा से फायर बिग्रेड करीब एक घंटे बाद पहुंची। आग लगी उस समय मालिक घर पर कुछ काम से गया था। फिलहाल आग लगने के कारणों का खुलासा नहीं हुआ है। स्थानीय लोगों ने बताया कि सिवाना-बालोतरा रोड पर ललित ओझा की रेडिमेड कपड़ों की दुकान है। दुकान बंद करने के बाद लगी आग मंगलवार शाम को करीब 5 बजे दुकान मालिक कुछ काम से शटर बंद करके गया था। कुछ ही देर बाद अचानक आग लग गई। आग की लपटें देखकर आसपास के लोगों ने दुकान मालिक को सूचना दी। लोगों ने अपने स्तर पर आगे बुझाने का प्रयास शुरू किया। सिवाना नगर पालिका से पानी का टैंकर आया। आसपास लोगों ने नगर पालिका का सहयोग कर आग बुझाने के लिए मशक्कत की। वही बालोतरा नगर परिषद को सूचना दी। एक घंटे बाद पहुंची फायर बिग्रेड आग के बाद वहां पर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलने पर सिवाना पुलिस भी मौके पर पहुंची। फिलहाल पूरे मामले की जांच पड़ताल की जा रही है। बालोतरा से फायर बिग्रेड को सूचना देने के करीब एक घंटे बाद सिवाना पहुंची। तब तक दुकान में रखा सारा सामान और कैश रुपए जल गए।

