सरकारी स्कूल:बांस-बल्लियों के सहारे बच्चों का भविष्य; टूटी छत, उखड़े प्लास्टर, कचरे के बीच पढ़ाई
हर साल लाखों रुपए का बजट जारी होने के बाद भी सरकारी स्कूलों के हाल बेहाल हैं। लोधीपुरा स्थित शासकीय विद्यालय क्रमांक 54 में बच्चे बांस के सहारे टिकी चद्दरों के नीचे पढ़ने को मजबूर हैं। स्कूल के 5 कमरों में से 3 की छत गिर चुकी है या खतरनाक स्थिति में है। इसके चलते पूरा स्कूल महज 2 कमरों में सिमट कर चल रहा है। इन्हीं दो कमरों में क्लासरूम, स्टाफ रूम और प्रिंसिपल का दफ्तर संचालित हो रहा है। एक साथ 3 से 4 कक्षाओं के बच्चे एक ही छोटी सी जगह में बैठने को मजबूर हैं। पीछे के तीन कमरों की चद्दर वाली छत गिर चुकी है और रोशनदान पूरी तरह टूट चुके हैं। पानी के नल के पास आसपास के मकानों के लोग कपड़े और बर्तन धोते हैं, क्योंकि उनके घरों के दरवाजे सीधे स्कूल परिसर में खुलते हैं। इस अव्यवस्था पर जब हेडमास्टर संदीप नाचन से सवाल किए तो उन्होंने कोई भी जवाब देने से इनकार कर दिया। 162 सरकारी स्कूल, सुविधाएं नहीं इंदौर जिले में 162 हाई व हायर सेकंडरी सरकारी स्कूल हैं, जिनकी मरम्मत के लिए प्रदेश सरकार से अलग-अलग मदों में बजट जारी होता है। इनमें से पीएम श्री और सीएम राइज योजना के तहत आने वाले 12-15 स्कूलों की स्थिति तो बेहतर है, लेकिन ग्रामीण व पिछड़े इलाकों में संचालित अधिकांश स्कूलों में पीने का पानी, शौचालय और सुरक्षित कमरों जैसी बुनियादी सुविधाएं भी अधूरी हैं। जानकारी बुलाई है कि कहां क्या कमियां हैं हमने सभी स्कूलों के प्राचार्यों से जानकारी मंगवाई है कि उन्हें अपने परिसरों में क्या-क्या मरम्मत करानी है। कुछ स्कूल हैं, जहां कमरे कम हैं। बजट आते ही वहां कक्षाओं की संख्या बढ़ाई जाएगी। आपके पास जो भी जानकारी या सूची है, दे दीजिए; हम तुरंत सुविधाएं जुटाएंगे।- शौर्य मल्होत्रा, जिला शिक्षा अधिकारी 100 साल पुराना : नयापीठा उर्दू स्कूल में प्रिंसिपल कक्ष की छत गिरी, कक्षाएं जर्जर कमरों में लग रहीं नयापीठा में संचालित उर्दू विद्यालय की इमारत लगभग 100 साल पुरानी है। यहां दो शिफ्ट में नर्सरी से 12वीं तक की कक्षाएं लग रही हैं। यह भवन तीन हिस्सों में बंटा है- प्राइमरी, मिडिल और हाई स्कूल। मिडिल स्कूल में लड़के और लड़कियों की कक्षाएं और शौचालय अलग-अलग हैं। लड़कियों के लिए तो शौचालय बन गए हैं, लेकिन लड़कों के शौचालय के ठीक पास ही मिड-डे मील (खाना) पकाया जा रहा है। कक्षाएं भी जर्जर हैं। दो दिन पहले छत पर पानी जमा होने के कारण प्राचार्या के कक्ष की छत टूटकर नीचे आ गिरी। गनीमत रही कि हादसे के वक्त वहां कोई मौजूद नहीं था। प्राचार्या विभा शर्मा ने बताया कि स्कूल के लिए नया दो मंजिला भवन बनाने की तैयारी लगभग पूरी हो चुकी है। काम पूरा होते ही वहां कक्षाएं शिफ्ट कर दी जाएंगी। जूना रिसाला : खेल मैदान में कंडम गाड़ियां, सिगरेट-शराब का कचरा जूना रिसाला स्थित उर्दू स्कूल के भवन की स्थिति बेहद जर्जर है। स्कूल के चारों तरफ बने खुले मैदान की बाउंड्रीवॉल कई जगह से टूटी हुई है, जिससे कोई भी आसानी से परिसर में घुस जाता है। मैदान में पुरानी कंडम गाड़ियां खड़ी हैं और चारों तरफ शराब की बोतलें व सिगरेट का कचरा बिखरा रहता है। पूरे मैदान में गाजर घास उगी है, जिसमें चूहों के बड़े-बड़े बिल नजर आते हैं। स्कूल का समय सुबह 11 से दोपहर 4 बजे तक है। पीछे के हिस्से में असामाजिक तत्वों की मौजूदगी के स्पष्ट निशान मिले हैं।
प्रयागराज में रविवार रात 1 बजे से शुरू हुई बारिश मंगलवार शाम तक जारी रही। मंगलवार को 120 मिमी बारिश हुई। तीन दिनों में कुल 209 मिमी बारिश दर्ज की गई। लगातार बारिश से करीब 6 हजार घरों में पानी भर गया है। इनमें अकेले करेली के करीब 2 हजार घर शामिल हैं। जेके नगर, गड्ढा कॉलोनी, सोलह मार्केट, बी ब्लॉक, शम्स नगर, गौस नगर, जाफरी कॉलोनी और बारह मार्केट समेत कई इलाकों में तीन दिन से घरों में पानी भरा है। लोग रात में छतों पर सोने को मजबूर हैं। कई परिवार घर छोड़कर रिश्तेदारों के यहां शिफ्ट हो गए हैं। बहुमंजिला मकानों में रहने वाले लोग ऊपरी मंजिल पर चले गए हैं, लेकिन एक मंजिला घरों में रहने वाले परिवारों के पास छत पर रहने के अलावा कोई विकल्प नहीं है। रामबाग रेलवे स्टेशन पर भी पानी भर गया है। इसके चलते तीन ट्रैक पर ट्रेनों की आवाजाही बंद कर दी गई है। जार्जटाउन थाने में भी बारिश का पानी भर गया है। दैनिक भास्कर ने जेके नगर, करेली और मुंडेरा के लोगों से बात की। मुंडेरा की मीना जायसवाल ने बताया कि घर में खाना बनाने की जगह नहीं बची है। लाई-चना मंगाकर खाना पड़ रहा है। रोज सुबह घर से पानी निकालते हैं। कुछ देर बाद फिर भर जाता है। छत पर सोना पड़ रहा है। बिस्तर और कपड़े खराब हो गए हैं। पूरा सामान भीग चुका है। देखिए 3 तस्वीरें… अब पढ़िए बारिश से शहर के क्या है हालात प्रयागराज में बारिश ने कई इलाकों की गृहस्थी उजाड़ दी है। शहर के करीब 6 हजार परिवार बारिश की वजह से परेशान हैं। रविवार आधी रात शुरू हुई तेज बारिश के बाद घरों में पानी भरने लगा। लोग नींद से जागे और अफरा-तफरी में जरूरी सामान समेटकर सुरक्षित जगहों पर पहुंचाने लगे। जो सामान छत तक ले जा सकते थे, उसे ऊपर रख दिया। मंगलवार को तीसरे दिन भी कई परिवारों का बसेरा छतों पर ही है। घर का सामान बर्बाद होने का गम, व्यवस्था को लेकर गुस्सा और मदद की उम्मीद के साथ लोग अब भी राहत का इंतजार कर रहे हैं। मुंडेरा के 500 घरों में पानी भरा शहर के घनी आबादी वाले मुंडेरा इलाके में हालात बेहद खराब हैं। यहां करीब 500 घरों में पानी भर गया है। लोगों की गृहस्थी का सामान खराब हो गया है। मुंडेरा के रहने वाले हरनाम सिंह ने करीब 2 करोड़ रुपए खर्च कर मकान बनवाया था। अब उसके निचले हिस्से में पानी भरा है। घर के सभी कमरों, किचन, शौचालय, बेडरूम और बरामदे में करीब 2 फीट पानी है। हालात इतने खराब हैं कि पिछले दो दिनों से घर में चूल्हा तक नहीं जला है। पूरा परिवार छत पर रहने को मजबूर है। बिस्तर, सोफा और बक्से भीग चुके हैं। परिवार के लोग बेड और बड़े बक्सों को टीन के डिब्बों के ऊपर रखकर सामान बचाने की कोशिश कर रहे हैं। दो दिन से घरों में पानी, न खाना बन रहा न नींद पूरी सीओडी छिवकी के रिटायर्ड कर्मचारी जेबी सिंह और उनकी पत्नी नीलम सिंह के घर में भी पानी भर गया है। किचन, टॉयलेट और बेडरूम तक पानी पहुंच गया है। पानी निकासी का कोई रास्ता नहीं है। उनकी दिनचर्या और खान-पान पूरी तरह प्रभावित हो गया है। मीना जायसवाल के परिवार की भी यही स्थिति है। पिछले दो दिनों से घर में करीब दो फीट पानी भरा है। परिवार न ठीक से सो पा रहा है। न ही खाना बना पा रहा है। हालात के चलते उन्हें छत पर रहने को मजबूर होना पड़ रहा है। सांप और जहरीले जीवों का मंडराता खतरा कान्हा यादव ने बताया कि हम पानी के बीच बदहाली में जी रहे हैं। घरों में पानी भरा होने से हर समय सांप और अन्य जहरीले जीवों का खतरा बना हुआ है। मुंडेरा के इन परिवारों का जनजीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया है। लोग प्रशासन से जल्द पानी निकासी की व्यवस्था करने की मांग कर रहे हैं। गोहरी-मोहनगंज में 5 मकान ढहे, परिवारों ने आधी रात छोड़े घर इसके बाद हमारी टीम गोहरी और मोहनगंज पहुंची। यहां हालात और भी खराब हैं। पूरा गांव बारिश के पानी में डूबा हुआ है। बारिश के कारण यहां पांच मकान ढह गए। गांव के रहने वाले यशवंत सिंह का मकान भी ढह गया। वह अपना घर गिरता देख भावुक हो गए। यशवंत ने बताया कि दो दिन की लगातार बारिश से घर की दीवारें कमजोर होकर ढह गईं। परिवार को आधी रात दूसरे घर में शिफ्ट करना पड़ा। अब खाने-पीने तक की परेशानी हो रही है। पॉश इलाके मालवीय नगर का भी बुरा हाल मालवीय नगर के करीब 100 घरों में पानी भर गया है। डॉ. मनोज ने बताया कि पहले सड़क पर पानी भरा रहता था। बच्चे उसी से होकर स्कूल जाते थे। अब पानी घरों में घुसने लगा है। हम हाउस टैक्स भर रहे हैं। इसके बावजूद ऐसी अव्यवस्था है। कहने के लिए यह पॉश कॉलोनी है, लेकिन हालात बेहद खराब हैं। जगह-जगह कूड़ा पड़ा है। महीनों तक सफाई नहीं होती। सड़क से रेलवे ट्रैक तक पानी ही पानी प्रयागराज में दो दिन से हो रही बारिश के कारण सड़कें, थाने, नगर निगम परिसर, अस्पतालों के गेट और डॉट पुल के नीचे के रास्ते पानी में डूब गए हैं। रामबाग रेलवे स्टेशन के ट्रैक पर भी पानी भर गया है। पुराने शहर की बड़ी आबादी पहले से जलभराव से परेशान है। अब पॉश इलाकों में भी घुटनों तक पानी भरने से लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। हाईकोर्ट ने अफसरों को तलब किया प्रयागराज में बारिश के बाद हुए जलभराव का मामला इलाहाबाद हाईकोर्ट पहुंच गया। न्यायमूर्ति अजित कुमार और न्यायमूर्ति गरिमा प्रसाद की खंडपीठ ने मंगलवार को मामले का स्वतः संज्ञान लिया। कोर्ट ने डीएम मनीष वर्मा और नगर आयुक्त सीलम साई तेजा को तलब किया है। भारी बारिश से शहर में जगह-जगह पानी भर गया। इसका असर हाईकोर्ट की सुनवाई पर भी पड़ा। जजों और वकीलों को कोर्ट पहुंचने में परेशानी हुई और सुनवाई देर से शुरू हुई। इसके बाद कोर्ट ने जलभराव का संज्ञान लिया। ------------------------------- ये खबर भी पढ़ें…. प्रयागराज में 24 घंटे में 115MM बारिश...सड़कें बनीं तालाब:करेली में घरों तक पहुंचा पानी, जॉर्ज टाउन थाना जलमग्न; हाईकोर्ट ने लिया संज्ञान प्रयागराज में 24 घंटे से रुक-रुककर हो रही बारिश से शहर के हालात बिगड़ गए हैं। कई इलाकों में जलभराव होने से मंगलवार को लोगों को आने-जाने में परेशानी हो रही है। वहीं, करेली की कॉलोनियों और गलियों में कई फीट तक पानी भर गया, जबकि जॉर्ज टाउन, सिविल लाइंस, निरंजन डॉट पुल, नया बस अड्डा और गोविंदपुर समेत कई इलाके पानी में डूबे हैं। पढ़ें पूरी खबर…
यूपी के BJP विधायक बोले-देख लूं तो पेड़ सूख जाए:सचिव को हड़काया- पिटवाकर जेल में बंद करा दूंगा, VIDEO
लखीमपुर के भाजपा विधायक विनोद शंकर अवस्थी मंगलवार को सहकारी समिति के सचिव पर भड़क गए। फोन पर हड़काते हुए कहा-'मैं रूलिंग पार्टी का विधायक हूं, पेड़ को देख लूं तो वो सूख जाएगा। कोई कितना भी पावरफुल हो, उसे पिटवाकर जेल में बंद कराऊंगा। मुझे गरीब जनता ने वोट दिया है, मैं किसी पैसे वाले का गुलाम नहीं हूं।' विधायक क्षेत्र के दौरे पर निकले थे, तभी किसानों ने उन्हें रोक लिया। VIDEO में देखिए फिर क्या हुआ?
झारखंड में मानसून के प्रवेश के दो माह बाद पहली बार मंगलवार को राज्य के छह जिलों में अब तक की बारिश का कोटा पूरा हो गया। पिछले 24 घंटे में हुई लगातार बारिश से कोल्हान और मध्य झारखंड तरबतर हो गया। रांची और दुमका में अब तक सामान्य से 1% अधिक बारिश हुई है। वहीं, खूंटी और सरायकेला-खरसावां में सामान्य से 10%, सिमडेगा में 7% और चाईबासा में 49% अधिक बारिश रिकॉर्ड की गई है। अब तक राज्य में सामान्य बारिश 689.8 मिमी होनी चाहिए थी, जबकि 606 मिमी बारिश हुई है। इस तरह बारिश की कमी 18% से घटकर 12% रह गई है। हालांकि, 10 जिलों में अब भी सामान्य से 20% से अधिक बारिश की कमी है। मौसम विभाग के मुताबिक, अगले 24 घंटे राज्य के अधिकतर हिस्सों में हल्के से मध्यम दर्जे की बारिश होगी। पलामू, गढ़वा, चतरा, लातेहार, लोहरदगा और गुमला में भारी बारिश की संभावना है। रांची में दो-तीन बार बारिश हो सकती है। इस दौरान 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने और वज्रपात की आशंका को देखते हुए यलो अलर्ट जारी किया गया है। 20 अगस्त से तेज बारिश से कुछ राहत मिलने की संभावना है। अबतक कितनी बारिश, कितनी कमी 3 सिस्टम सक्रिय, इसलिए बारिश हो रही बंगाल की खाड़ी में बना डीप डिप्रेशन झारखंड के ऊपर फैल गया है। इसके अलावा मानसून ट्रफ लाइन फिरोजपुर, देहरादून, शाहजहांपुर, वाराणसी, डेहरी होते हुए झारखंड में स्थित डिप्रेशन के केंद्र से गुजरकर दीघा और बंगाल की खाड़ी तक फैली है। वहीं, पूर्वी उत्तर प्रदेश से झारखंड तक साइक्लोनिक सर्कुलेशन बना हुआ है। इसी से बारिश हो रही है। अभिषेक आनंद, मौसम वैज्ञानिक आगे क्या आज पलामू प्रमंडल में भारी बारिश की चेतावनी... 19 अगस्त: पलामू, गढ़वा, चतरा, लातेहार, लोहरदगा और गुमला में भारी बारिश की चेतावनी है। 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल सकती है और वज्रपात की आशंका है। मौसम विभाग ने यलो अलर्ट जारी किया है। 20 से 22 अगस्त: पूरे राज्य में अधिकांश स्थानों पर बादल छाए रहेंगे और हल्के से मध्यम दर्जे की बारिश होगी। इस दौरान साइक्लोनिक सर्कुलेशन का असर कम रहने की संभावना है।
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'दामाद ने धमकी दी थी कि आज पूरे परिवार को कफन में लिटा देंगे। बुलेटप्रूफ जैकेट पहनकर बुलेट से आया और गोली चलाई… बेटा सामने आ गया तो उसे मार दिया। मेरी आंखों के सामने बेटा खून से लथपथ पड़ा था।' ये दर्द है प्रतापगढ़ के गया प्रसाद का, जिनके 48 साल के बेटे देवेंद्र की उसके बहनोई ने मंगलवार को दिनदहाड़े तीन गोली मारकर हत्या कर दी। वारदात के बाद से पिता बदहवास हैं। वे बार-बार बेहोश हो जा रहे हैं। घर में रिश्तेदारों का जमावड़ा है। आरोपी बहनोई रिटायर्ड फौजी है। उसने बीच बाजार 10 राउंड फायरिंग की, और मौके से भागने लगा। लेकिन, लोगों ने पकड़ लिया। रस्सी से बांधकर पीटा। हॉस्पिटल में उसने कहा, मेरी बीवी-बच्चों को विदा नहीं कर रहे थे। मैंने सेल्फ डिफेंस में गोली चलाई। पढ़िए रिपोर्ट… वारदात कैसे हुई, सिलसिलेवार पढ़िए… जिला मुख्यालय से 25 किमी दूर मदाफरपुर बाजार है। इसी बाजार में देवेंद्र यादव का एक मंजिला मकान है। ग्राउंड फ्लोर पर तीन दुकानें हैं। मंगलवार दोपहर 12 बजे देवेंद्र अपने मेडिकल स्टोर पर बैठे थे। तभी जीजा कपिल बुलेट से वहां पहुंचा। वह फौजी की वर्दी में था। दोनों के बीच बहस हुई। कपिल ने धमकाया कि तुम मेरी बीवी को लेकर कैसे आ गए। इसी दौरान बात बढ़ी तो कपिल ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि उसने पिस्टल से 10 राउंड फायर किए। तीन गोली कपिल को लगी। एक सिर, दूसरी कमर और तीसरी पैर पर। जिला अस्पताल में देवेंद्र की मौत हो गई। आरोपी जीजा पूरी तैयारी के साथ पहुंचा था। वर्दी के ऊपर बुलेटप्रूफ जैकेट पहनी थी। साले देवेंद्र को गोली मारकर मौके से भागने की कोशिश की। भीड़ ने उसे पकड़ लिया। रस्सी से बांधकर पीटा। मौके पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह आरोपी फौजी कपिल यादव को भीड़ से बचाया। कपिल, साले देवेंद्र से 5 साल छोटा है। कपिल ने किस बात पर अपने ही साले की जान ली, जानिए… प्रियंका (40 साल) अपने पिता गया प्रसाद की इकलौती बेटी हैं। देवेंद्र का लगाव बहन से बहुत ज्यादा था। प्रियंका की शादी 18 साल पहले अमेठी के पीपरपुर के रहने वाले कपिल यादव के साथ की थी। शादी के समय कपिल फौज में था। प्रियंका और कपिल का एक 12 साल का बेटा और 8 साल की बेटी है। दोनों बच्चे अमेठी में पढ़ाई करते हैं। एक साल पहले रिटायर हुआ था कपिल कपिल आर्मी में इंजीनियर यूनिट में था। एक साल पहले फौज से रिटायर हुआ तो उसने सुलतानपुर जिला अस्पताल में गार्ड की नौकरी शुरू कर दी। रिटायर होने के बाद से कपिल अमेठी में पत्नी और बच्चों के साथ रहने लगा था। यहीं से रोज सुलतानपुर ड्यूटी के लिए आता-जाता था। पत्नी को रुपए लाने के लिए परेशान करता था देवेंद्र के परिवार के मुताबिक, तीन महीने पहले कपिल ने घर बनवाया था। इसके बाद से वह प्रियंका को परेशान कर रहा था। वो कहता था कि मायके से रुपए लेकर आओ। कई बार घर के लोगों ने मिलकर समझा दिया। सोमवार (17 अगस्त) को कपिल ने फिर प्रियंका को परेशान किया तो उसने बड़े भाई देवेंद्र को फोन कर दिया। देवेंद्र शाम को ही बहन के घर अमेठी पहुंचा। बहन और भांजों को लेकर आ गया था देवेंद्र बहन प्रियंका को जब देवेंद्र अपने घर ला रहा था तो जीजा कपिल ने उसके साथ भी गाली-गलौच की थी। इसके बाद देवेंद्र प्रियंका को लेकर प्रतापगढ़ आ गया। दोनों बच्चे भी मां के साथ आ गए। कपिल ने उसी समय देवेंद्र को देख लेने की धमकी दी थी। कपिल ने कई धमकी भरे कॉल और मैसेज भी परिवार के लोगों को भेजे थे। पिता गया प्रसाद का दावा है कि उन्होंने इसकी शिकायत पुलिस से की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। घटना बताते-बताते पिता बेहोश हुए पिता ने अपनी आंखों के सामने बेटे की हत्या देखी है। दैनिक भास्कर को घटना बताते-बताते वो बेहोश हो गए। लोगों ने पानी के छींटे मारकर उन्हें होश में लाया। जब थोड़ा संभले तो बताया कि मेरे तीन बेटे हैं। देवेंद्र सबसे बड़ा था। पूरा परिवार एक ही घर में रहता है। ग्राउंड फ्लोर पर तीन दुकानें हैं। देवेंद्र और भूपेंद्र का मेडिकल स्टोर है, जबकि मंझले बेटे उपेंद्र की कपड़ों की दुकान है। देवेंद्र के दो बेटे हैं। एक 22 साल का अभिषेक और दूसरा 15 साल का आदर्श है। दोनों पढ़ाई करते हैं। तीनों बेटों और इकलौती बेटी प्रियंका की शादी कर दी थी। घर में भी सब ठीक चल रहा था, लेकिन पिछले कुछ महीनों में चीजें बिगड़ने लगीं। दामाद ने 3 महीने पहले भी दी थी मारने की धमकी पिता कहते हैं, 3 महीने पहले बेटी के घर झगड़ा हुआ था। मियां-बीवी का विवाद था, हर घर में होता है। उस वक्त हम लोगों ने समझा दिया। फिर दामाद ने मारने की धमकी दी तो पुलिस चौकी में शिकायत की। पुलिस ने दामाद कपिल को बुलाया तो समझौता हो गया। उनके घरवालों ने कहा कि मेरी जिम्मेदारी रहेगी और बेटी को विदा करा ले गए। ‘नशा करने के बाद बेटी को परेशान करता है’ गया प्रसाद ने कहा, भरोसे पर मैंने बेटी को उसकी ससुराल भेज दिया। लेकिन कुछ दिनों बाद फिर वही सब शुरू हो गया। उसे परेशान करना शुरू कर दिया। कपिल नशा करता है। स्मैक या कोकीन मुझे मालूम नहीं क्या पीता है। मेरे सामने सिगरेट के अंदर का मसाला निकालकर उसमें भरकर पीता है। पीने के बाद बेटी को तंग करता था। दामाद ने लोन ले रखा है और उस पर काफी कर्ज है। कपिल ने मकान बनवाया था तो बेटी से कहता था कि अपने मायके से पैसे मंगवाओ। घर बनवाने के बाद कपिल ने फंक्शन किया था। उस फंक्शन में भी पिस्टल से इतनी फायरिंग की थी कि पुलिस आ गई थी। वह बार-बार देवेंद्र को मारने की धमकी दे रहा है, मुझे भी धमकी दे रहा था। ‘दो बार चौकी गए फिर डायल 112 पर कॉल की’ पिता ने कहा- आज सुबह भी दामाद कपिल की कॉल आई… काफी देर तक देवेंद्र को गाली दिया। हमें भी गाली दे रहा था। मैंने पुलिस को सूचना दी। घर से 50 मीटर की दूरी पर पुलिस चौकी है, वहां 2 बार गया। लेकिन मौके पर कोई पुलिसकर्मी नहीं था। तब दरोगा को फोन लगाया। उन्होंने फोन काट दिया, फिर दोबारा नहीं लगा। उस वक्त हमारा दिमाग काम नहीं कर रहा था। हमने डायल 112 पर फोन किया तो उन्होंने कहा कि हम 2 मिनट में पहुंच रहे हैं। लेकिन जब तक पुलिस आई, उससे पहले कपिल आ गया। पहुंचते ही उसने फायर करना शुरू कर दिया। हम लोग डंडा लेकर तैयार थे, क्या पता था वो पिस्टल लेकर आ जाएगा। देवेंद्र डंडा लेकर दुकान के बाहर निकला। हम भी आ गए। मैंने कपिल की पिस्टल पर डंडा मारा, ताकि वो गिर जाए। देवेंद्र सबसे पहले आगे बढ़ा तो कपिल ने ताबड़तोड़ गोली चला दी। मेरे सामने मेरे बेटे को मार दिया। आरोपी बोला- पहले मेरे ऊपर रॉड से हमला हुआ आरोपी कपिल जिला अस्पताल में भर्ती है। उसने बताया, पहले मुझे रॉड से मारा था। जब मैं गिर गया, तब मैंने पिस्टल निकाली। देवेंद्र ने बोला था- 'आ जाओ, तेरे गोली मारूंगा।' तब मैंने कहा था- 'रुक जा, तू गोली मार के दिखाना, मैं आ रहा हूं।' खुद को बचाने के लिए बुलेटप्रूफ जैकेट और हेलमेट पहनकर गया था। मेरे बच्चों की पढ़ाई बर्बाद हो रही थी, इसलिए मैं उन्हें मायके से लेने गया था। मामले में सीओ सिटी ने अशुतोष मिश्रा ने बताया- जीजा ने साले को गोली मारी थी। इलाज के दौरान जिला अस्पताल में देवेंद्र की मौत हो गई। आरोपी का पुलिस कस्टडी में जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। भाई की शिकायत पर केस दर्ज कर लिया गया है। -------------------------- यह खबर भी पढ़ें… रिटायर्ड फौजी ने बुलेटप्रूफ जैकेट पहनकर साले की हत्या की:3 गोलियां मारीं, पत्नी को मायके ले जाने से नाराज था; प्रतापगढ़ में भीड़ ने बांधकर पीटा प्रतापगढ़ में रिटायर्ड फौजी ने सगे साले की हत्या कर दी। वह सुल्तानपुर से साले की मेडिकल स्टोर की दुकान पहुंचा। वहां ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। जब तक साला कुछ समझ पाता, तब तक तीन गोलियां उसे लग गईं। वह खून से लथपथ होकर जमीन पर गिर पड़ा। आरोपी बुलेटप्रूफ जैकेट पहनकर पहुंचा था। पढ़ें पूरी खबर…
क्या यूपी में पुलिसवाले रील नहीं बना सकते:अश्लील VIDEO वाली दरोगा का क्या होगा; क्या नौकरी जाएगी
मेरठ में नीले ड्रम वाली मुस्कान को अरेस्ट करने वाली दरोगा अनु रानी ने सोशल मीडिया पर लाइव आकर वीडियो बनाया। इसमें वे आपत्तिजनक स्थिति में नजर आ रही थीं। 3 दिन पहले एक यूट्यूबर ने इसे लेकर वीडियो बनाया तो मामला पुलिस विभाग की जानकारी में आया। अनु को सस्पेंड कर दिया गया। उनका इंस्टाग्राम अकाउंट भी अब एक्टिव नहीं है। आखिर क्या वजह है कि पुलिसवाले नियमों की अनदेखी करके रील बनाते हैं? इसके लिए यूपी में क्या नियम हैं? पढ़िए एक्सप्लेनर में… सवाल-1: क्या यूपी में पुलिसवालों के रील बनाने पर पूरी तरह प्रतिबंध है? जवाब: नहीं… इन शर्तों के साथ रील बनाई जा सकती हैं- सवाल-2: पुलिसवाले किस तरह का कंटेंट सोशल मीडिया पर पोस्ट नहीं कर सकते? जवाब: यूपी पुलिस सोशल मीडिया पॉलिसी-2023 के मुताबिक- सवाल-3: महिला दारोगा अनु रानी पर किस तरह की कार्रवाई हो सकती है? जवाब: सवाल-4: सख्य नियम होने के बावजूद पुलिसवाले इनकी अनदेखी क्यों करते हैं? जवाब: इसके पीछे कई कारण हैं… --------------------------------------------- ये एक्सप्लेनर भी पढ़ें… आन्जनेय के लिए केंद्र ने 7 बार नियम ढीले किए: क्या अब फिर मिलेगा एक्सटेंशन; सीनियर IAS को सरकार क्यों करती है इतना पसंद सपा के कद्दावर नेता आजम खान को अर्श से फर्श पर लाने वाले IAS आन्जनेय सिंह की यूपी में प्रतिनियुक्ति की अवधि पूरी हो चुकी है। वे मुरादाबाद मंडल कमिश्नर का चार्ज मुरादाबाद DM को सौंपकर छुट्टी पर चले गए हैं। मूल कैडर सिक्किम से यूपी आने के बाद 7 बार यह अवधि बढ़ाई जा चुकी है। तो क्या आन्जनेय की प्रतिनियुक्ति अवधि फिर से बढ़ाई जाएगी? इसके पीछे वजह क्या होगी? पढ़िए यूपी एक्सप्लेनर में…
देश में हो वन नेशन, वन टैक्स रेट : एसोसिएशन
अमृतसर| पंजाबी डिस्ट्रीब्यूटर्स एसोसिएशन (पीडीए) की स्टेट कॉन्फ्रेंस फगवाड़ा में आयोजित हुई। इस खास मौके पर पीडीए ने अपनी ऑफिशियल वेबसाइट और मोबाइल ऐप लॉन्च किया। इसके साथ ही यह अपना डिजिटल प्लेटफॉर्म बनाने वाला देश का पहला व्यापारिक संगठन बन गया है। कॉन्फ्रेंस में मुख्य अतिथि के तौर पर नेशनल ट्रेड वेलफेयर बोर्ड के चेयरमैन सुनील सिंगला पहुंचे। पीडीए प्रधान एनआर अग्रवाल ने सभी डेलीगेट्स का वेलकम किया। उन्होंने व्यापारियों की एकजुटता पर जोर देते हुए ‘वन नेशन, वन टैक्स' सिस्टम लागू करने की मांग उठाई। मुख्य अतिथियों ने व्यापारियों की मुश्किलें सुनीं और जल्द पक्का हल निकालने का भरोसा दिया। इसमें अमृतसर से मनीष जैन, केके मेहरा और संजय कपूर समेत कई मेंबर्स ने हिस्सा लिया।
मजदूरी के लिए घर से निकले मजदूर का अपहरण, 11 दिन से सुराग नहीं
अमृतसर| शहर में मजदूरी के लिए घर से निकले 40 वर्षीय महेश सिंह के संदिग्ध परिस्थितियों में गायब होने पर पुलिस ने 2 अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। उत्तर प्रदेश निवासी बेटे विपिन कुमार ने पुलिस को बताया कि उसके पिता पिछले 25 साल से अमृतसर में किराये पर रहकर मजदूरी करते थे। 7 अगस्त की सुबह महेश सिंह रोजाना की तरह गुरुद्वारा भाई मनी सिंह के पास शर्मा कॉलोनी स्थित लेबर चौक पर काम की तलाश में गए थे। वहां मौजूद अन्य मजदूरों के अनुसार, सुरसिंह गांव के बताने वाले 2 अज्ञात लोग उन्हें मोटरसाइकिल पर बैठाकर काम के लिए ले गए, लेकिन वह शाम तक वापस नहीं लौटे। 11 दिन बाद भी पिता का कोई सुराग न मिलने पर बेटे ने उन्हें बंधक बनाकर रखे जाने की आशंका जताई है। थाना पुलिस ने विपिन के बयानों के आधार पर बीएनएस की धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
लंदन जैसी सड़क का सपना दिखाया...:40 करोड़ रुपए में ऐसी रोड बनाई, 3 साल में 35 बार करना पड़ी मरम्मत
बड़ा गणपति से कृष्णपुरा छत्री तक स्मार्ट सिटी की आदर्श सड़क मात्र 1.7 किमी की है, जिस पर 40 करोड़ खर्च किए गए। दावा था कि ऐसा काम होगा कि लंदन जैसा नजारा देखने को मिलेगा। हकीकत ये है कि तीन साल में इतनी सी सड़क की 35 बार मरम्मत करना पड़ी है। सोमवार को मामले से अनभिज्ञता जता रहे अफसर अब भी ठेकेदार के भागने, पूर्णता प्रमाण पत्र नहीं देन जैसे तर्क दे रहे हैं। घटिया निर्माण कैसे हुआ, इसका जवाब किसी के पास नहीं है। प्रारंभिक तौर पर केवल दो इंजीनियरों को नोटिस दिए गए हैं। भास्कर द्वारा मामले के खुलासे के बाद पूरे देश में इस सड़क के लिए इंदौर का मजाक बन रहा है। गोराकुंड चौराहे के पास सोमवार को नई पानी की लाइन की टेस्टिंग के दौरान पानी की लाइन में लीकेज से सड़क फूटने की घटना के बाद मंगलवार को स्मार्ट सिटी कंपनी की टीम मौके पर पहुंची। स्मार्ट सिटी कंपनी के सहायक यंत्री सौरभ माहेश्वरी और उनकी टीम का तर्क था कि जहां पानी फूटा, वहां से रामदेवरा मंदिर तक का हिस्सा पूरा बना ही नहीं है। अतिक्रमण नहीं हटने से 60 फीट चौड़ी जगह नहीं मिल पाई थी। कहां कनेक्शन हैं पता ही नहींलापरवाही की हद देखिए- जिस कंपनी ने पानी की लाइन डाली थी, उसे ब्लैकलिस्ट किया जा चुका है। अब यह तक पता नहीं है कि कंपनी ने पाइपलाइन में कहां-कहां एंड कैप छोड़े थे। इसलिए हाइड्रो टेस्ट किए जा रहे हैं, ताकि इनका पता लगाया जा सके। 32 करोड़ दिए, फिर भी काम पूरा नहींसड़क बना रही एक एजेंसी बीच में ही काम छोड़कर चली गई। उसे करीब 32 करोड़ रुपए का भुगतान किया गया है। पांच साल तक उसका रखरखाव भी उसी को करना था। दूसरी एजेंसी को जिम्मेदारी दी गई। काम 2022 में पूरा हो जाना चाहिए था, उसका कम्प्लीशन सर्टिफिकेट तक अब तक नहीं मिला है। ये हैं जिम्मेदार पानी की लाइन जोड़नी बाकी थी फिलहाल स्मार्ट सिटी के प्रभारी कार्यपालन यंत्री और उपयंत्री को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। अतिक्रमण और धार्मिक संरचनाओं के कारण कुछ जगह काम बाकी है। यहां वाटर सप्लाई लाइन जोड़ना बाकी होने के कारण सीसी रोड नहीं बनाई गई। -अर्थ जैन, सीईओ, स्मार्ट सिटी कंपनी कहां गए एक हजार करोड़स्मार्ट सिटी के नाम पर 1 हजार करोड़ खत्म कर दिए गए। तत्कालीन अधिकारियों ने प्रेजेंटेशन देते समय कहा था कि खजूरी बाजार लंदन जैसा दिखेगा। लेकिन हालत खराब है। -राजेंद्र राठौर, एमआईसी सदस्य जनकार्य
रफ्तार से बदलता वक्त, अडिग खड़ा इतिहास
अमृतसर| वक्त बदलता है, बदलता रहेगा, मगर इतिहास अपनी छाप छोड़ जाता है, जिसे बदलना मुश्किल होता है। खालसा कॉलेज की 115 साल पुरानी ऐतिहासिक इमारत भी शहर के बदलते मिजाज और आधुनिकता की चकाचौंध के बावजूद पंजाब के समृद्ध इतिहास के अडिग होने गवाही देती है। इसी भाव का अहसास कराने के लिए फोटोजर्नलिस्ट सुनील कुमार ने वर्ल्ड फोटोग्राफी डे पर इस खास तस्वीर को कैमरे में कैद किया। इसमें नीचे कैमरे की धीमी शटर स्पीड से कैद हुई दौड़ती रोशनियां और ट्रैफिक गुजरते वक्त की रफ्तार का एहसास कराते हैं। ऊपर रोशनी की लकीरें भी जैसे समय के लगातार आगे बढ़ते रहने की कहानी कह रही हैं। मगर पीछे रोशनी में नहाई खालसा कॉलेज की ऐतिहासिक इमारत शहर की विरासत के पूरी मजबूती से खड़ी होने की गवाही भर रही है। 1892 में रखी गई नींव से लेकर आज तक यह इमारत पंजाब के बदलते दौर, उसकी तरक्की और समृद्ध विरासत की गवाह रही है। यह इमारत आज भी पहले जैसे ही भव्य नजर आती है।
बिजली बंद... नोडल सेंटरों पर कोई नहीं उठा रहा कॉल
भास्कर न्यूज | अमृतसर पावरकॉम के आउटसोर्स कर्मचारी पिछले 3 महीनों से हड़ताल पर है। जिनमें नोडल कंप्लेंट सेंटर और सुविधा सेंटर कर्मी शामिल हैं। आउटसोर्स कर्मियों के हड़ताल पर जाने से बिजली बंद की शिकायतें हल न होने से लोगों में गुस्सा है। पावरकॉम ने अप्रेंटिसशिप करने वाले कर्मचारियों की ड्यूटी अब नोडल सेंटरों में लगा रखी है जिन्हें कंप्यूटर चलाना नहीं आता। इसी बजह से पटियाला के 1912 नोडल कंप्लेंट सेंटर से आने वाली शिकायतों को ठीक से आगे फारवर्ड नहीं हो पाती। वहीं कई नोडल सेंटरों में तो रात को मोबाइल फोन बंद कर दिया जाते हैं। सिटी और सबअर्बन सर्किल में रात की ड्यूटी करने वाले कई नोडल कंप्लेंट सेंटर वाले अपना फोन स्विच ऑफ कर देते हैं। वहीं कई नोडल सेंटर वाले जानबूझ कर उपभोक्ता का फोन नहीं उठाते। वहीं सिटी सर्किल के नोडल कंप्लेंट सेंटर बंद है और वहां ताला लटक रहा है। खंड़वाला नोडल सेंटर के 2 मोबाइल नंबर दिए गए हैं। जिनमें से 96461-20175 तो हमेशा बिजी रहता है और दूसरा नंबर 78888-17792 बंद रहता है। जिसमें रणजीत एवेन्यू, गुमटाला, माहल, काले घनूपुर, कोट खालसा, गुरु नानकपुरा, मोहनी पार्क, छेहर्टा, काले गांव, प्रताप बाजार, आजाद रोड, गुरु की वडाली, इंडस्ट्रीज इस्टेट, संधू कॉलोनी, माडल टाउन समेत कई इलाकों के लोग बिजली बंद की शिकायतें दर्ज करवाने को परेशान होते हैं। वहीं ईस्ट डिविजन वेरका नोडल कंप्लेंट सेंटर 96461-20143 और 96461-20144 मोबाइल नंबर भी रात को ज्यादातर बिजी रहते हैं। मीरांकोट चौक निवासी निर्मला का कहना है कि उनकी बिजली रात को बंद हो गई। जिसकी शिकायत 1912 समेत 96461-20175 पर भी की मगर परंतु किसी ने फोन नहीं उठाया और सारी रात बिना बिजली के गर्मी में रहना पड़ा। आखिर में उन्होंने किसी अधिकारी का नंबर लेकर शिकायत की तो 35 घंटे बाद बिजली चालू हो पाई। छेहर्टा वासी भल्ला कॉलोनी वासी नीरज के मुताबिक इलाके में रात को अकसर बिजली बंद हो जाती है। नोडल कंप्लेंट सेंटर में कॉल करते हैं मगर कोई रिस्पांस नहीं मिलता । जबकि 78888-17792 फोन नंबर हमेशा बंद ही मिला। इसी कारण उन्हें सारी रात बिजली बंद रही।
निजी अस्पताल में सरकार के हेल्थ कार्ड का लाभ नहीं मिला
भास्कर न्यूज | अमृतसर गुरु नानक देव अस्पताल (जीएनडीएच) के मेडिकल इमरजेंसी वार्ड में इलाज के दौरान लापरवाही का आरोप लगा है। एडवोकेट गगन भाटिया ने आरोप लगाया कि सीने में दर्द और एसिडिटी की शिकायत के बाद रात करीब 1.30 से 2 बजे के बीच जीएनडीएच की इमरजेंसी पहुंचे थे। ईसीजी के बाद मामला हार्ट से संबंधित होने की आशंका जताई गई मगर उन्हें तत्काल सीनियर कार्डियोलॉजिस्ट उपलब्ध नहीं हो सका। गगन भाटिया के अनुसार, ड्यूटी स्टाफ ने बताया कि कार्डियोलॉजिस्ट 4 दिन की छुट्टी पर हैं। उनका आरोप है कि मेडिकल इमरजेंसी में उन्हें पर्याप्त निगरानी के बिना कैथेटर लगाया गया। इसका विरोध भी किया लेकिन उनकी बात नहीं मानी गई। कैथेटर लगाने के बाद ब्लीडिंग शुरू हो गई। एडवोकेट भाटिया का आरोप है कि कैथेटर लगाने की प्रक्रिया सही तरीके से नहीं की गई। सुबह करीब 8 बजे कैथेटर निकालने तक परेशानी बढ़ चुकी थी। उन्हें अंदरूनी चोट लगी और काफी ब्लीडिंग हुई। उनका कहना है कि मेडिकल इमरजेंसी वार्ड की सफाई व्यवस्था भी खराब थी और वहां बदबू की समस्या थी। उन्होंने आरोप लगाया कि नर्सिंग के प्रथम वर्ष के स्टूडेंट्स से यह प्रक्रिया करवाई गई और उनके साथ कोई अनुभवी स्टाफ मौजूद नहीं था। एडवोकेट भाटिया ने बताया कि लगातार ब्लीडिंग और हार्ट संबंधी परेशानी के बाद वह एक निजी अस्पताल में उपचार के लिए पहुंचे, लेकिन वहां डॉक्टरों ने यूरोलॉजी और हार्ट से जुड़ी समस्या को देखते हुए केस की गंभीरता के कारण इलाज करने से इनकार कर दिया। इसके बाद वह एक अन्य अस्पताल गए जहां करीब 48 घंटे ऑब्जरवेशन में रखा गया। उनके मुताबिक, वहां डॉक्टरों ने हार्ट की समस्या को अधिक गंभीर मानते हुए एंजियोग्राफी समेत उपचार शुरू किया। उन्होंने कहा कि सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था पर करोड़ों खर्च किए जाने के बावजूद सरकारी अस्पताल में मरीजों को पर्याप्त दवाइयां, जांच और विशेषज्ञ डॉक्टर उपलब्ध नहीं हो रहे। उनका आरोप है कि मरीजों को मजबूरी में जांच और इलाज के लिए निजी अस्पतालों का रुख करना पड़ रहा है। एडवोकेट भाटिया ने बताया कि उन्होंने अस्पताल के बेड और वार्ड की तस्वीरें, मेडिकल रिपोर्ट और इलाज के बिल सहित अन्य दस्तावेज सुरक्षित रखे हैं। जल्द ही प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले को सार्वजनिक किया जाएगा और अस्पताल प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग से जवाब मांगा जाएगा। इस संबंध में गुरु नानक देव अस्पताल के मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. कर्मजीत सिंह को कॉल और मैसेज करके उनका पक्ष जानने की कोशिश की गई, मगर न उन्होंने कॉल रिसीव की और न ही मैसेज का कोई जवाब दिया। भाटिया ने निजी अस्पताल में पंजाब सरकार के हेल्थ कार्ड के इस्तेमाल को लेकर भी सवाल उठाए हैं। उनका दावा है कि निजी अस्पताल सरकार के पैनल पर होने के बावजूद इलाज में हेल्थ कार्ड का लाभ नहीं मिला और उन्हें करीब 2.5 लाख रुपए अपनी जेब से खर्च करने पड़े। भाटिया का कहना है कि अगर हेल्थ कार्ड पर इलाज मिलना ही नहीं तो क्या फायदा। पता नहीं ऐसे कितने मामले होंगे जिनमें मरीजों को योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा होगा। सरकार को इस ओर ध्यान देने की जरूरत है। इसके अलावा सरकारी सेहत सुविधाओं में भी सुधार के लिए कदम उठाने की जरूरत है।
सुल्तानविंड रोड, रिंग रोड, रामबाग और कचहरी रोड से लेकर रणजीत एवेन्यू में गंदगी के ढेर
भास्कर न्यूज | अमृतसर शहर को साफ-सुथरा रखने के लिए डोर-टू-डोर कूड़ा लिफ्टिंग का जिम्मा नगर निगम ने थ्री आर कंपनी को दिया है मगर जमीनी हकीकत खराब हैं। शहर के स्लम इलाकों से लेकर पॉश कॉलोनियों तक जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हैं। लोगों का कहना है कि शिकायतों के बावजूद 4-4 दिन तक कूड़ा लिफ्टिंग नहीं हो रही है। सुल्तानविंड फ्लाईओवर, सुल्तानविंड रोड, बरसाती नाले वाली रोड, रिंग रोड, अजीत नगर, चमरंग रोड, रामबाग और कचहरी रोड पर रोजाना आवाजाही रहती है मगर सड़कों किनारे कूड़े के ढेर शहर की तस्वीर बिगाड़ रहे हैं। पॉश इलाके रणजीत एवेन्यू में भी नियमित कूड़ा लिफ्टिंग के लिए लोगों को निगम दफ्तर के चक्कर काटने पड़ रहे हैं । सूत्रों की मानें तो निगम के पास रोजाना कूड़ा लिफ्टिंग न होने और सफाई से संबंधित दर्जनों शिकायतें पहुंच रही हैं। शिकायत मिलने के बाद निगम की ओर से कूड़ा उठवा दिया जाता है। ऐसे में सवाल यह है कि शिकायत मिलने के बाद ही सफाई क्यों होती है? समाजसेवी मनप्रीत सिंह मन्नु ने कहा कि शहर में रोज हजारों श्रद्धालु और पर्यटक आते हैं। ऐसे में प्रमुख मार्गों के साथ-साथ अन्य इलाकों में भी सफाई का समान स्तर होना चाहिए। कंपनी के काम का मॉनिटरिंग होना चाहिए अगर लापरवाही मिले तो जुर्माना लगे। भाजपा नेता राज शर्मा विक्की ने कहा कि पवित्र शहर व स्मार्ट सिटी का दर्जा मिलने के बावजूद गंदगी के ऐसे हालात निगम की कार्यप्रणाली पर सवाल हैं। सफाई सीधे तौर पर लोगों की सेहत से जुड़ी है। हर इलाके में नियमित लिफ्टिंग होनी चाहिए। सड़कों किनारे लगे कूड़े के ढेर समय पर न उठने से बदबू से गुजरना मुश्किल हो रहा है। इसके अलावा बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है। लोगों का कहना है कि रोज कचरा पैदा हो रहा है तो तय शेड्यूल से उठना भी चाहिए, केवल शिकायत के बाद लीपापोती करने से स्थायी समाधान नहीं होगा। लोगों का सवाल है कि जब कंपनी को शहर की सफाई की जिम्मेदारी दी गई है तो उसकी रोजाना मॉनिटरिंग कौन कर रहा है और किस आधार पर कंपनी के काम का मूल्यांकन किया जा रहा है? इसके अलावा कंपनी की ओर से इलाके में कचरा गाड़ी न पहुंचने पर हेल्पलाइन नंबर 18002035850 जारी किया था। कंपनी का दावा था कि शिकायत का 24 घंटे में समाधान होगा। मगर ऐसा नहीं हो पाया है। क्या शहर की नियमित सफाई व्यवस्था की मॉनिटरिंग नहीं हो रही या फिर जिम्मेदारी संभाल रही कंपनी अपने काम को पूरी तरह से अंजाम नहीं दे पा रही? कंपनी की कार्यप्रणाली शुरूआत से ही ढीली रही है मगर निगम की ओर से कोई सख्त कार्रवाई नहीं की गई है। लोगों का कहना है कि कंपनी के काम की मॉनिटरिंग करनी चाहिए और लापरवाही मिलने पर पेनल्टी लगानी चाहिए। इससे कंपनी के काम में कुछ सुधार हो सकता है। सुल्तानविंड फ्लाईओवर के पास रणजीत एवेन्यू ए ब्लॉक सुल्तानविंड रोड
रेल कोच रेस्टोरेंट दोबारा खोलने की तैयारी, आज ऑनलाइन बोली
भास्कर न्यूज | अमृतसर रेलवे ने स्टेशन पर बंद पड़े रेल कोच रेस्टोरेंट को फिर से खोलने की तैयारी कर ली है। इसके लिए फिर से टेंडर कॉल किए गए हैं। 19 अगस्त को फिरोजपुर डिवीजन की ओर से अॉनलाइन बोली होगी। अगर किसी बोलीकार ने सही बोली लगाई तो यह रेस्टोरेंट फिर से खुलेगा। बता दें कि इस रेल कोच रेस्टोरेंट को 5 फरवरी 2026 में पुराने ठेकेदार ने खाली कर दिया था। उसने हवाला दिया था कि काम घाटे में चल रहा है, जिसके चलते आगे और नहीं चला सकता। यह रेस्टोरेंट दिल्ली की एमएस अरुण एविएशन सर्विस प्राइवेट लिमिटेड कंपनी को 5 साल के लिए ठेके पर दिया गया था। यह ठेका प्रति वर्ष 28.30 लाख के हिसाब से अलॉट हुआ था। कंपनी ने 19 सितंबर 2024 को इस रेस्टोरेंट का संचालन शुरू किया था, लेकिन करीब 2 साल बाद ही इसे बंद कर दिया। ठेकेदार की ओर से रेलवे को दिए गए प्री-क्लोजर नोटिस में बताया गया था कि रेस्टोरेंट संचालन में भारी आर्थिक घाटा हो रहा है, जिसके चलते उसे बीच में ही ठेका छोड़ना पड़ा। 5 फरवरी 2026 को ही उसने रेल कोच रेस्टोरेंट खाली कर दिया था।
'मैं आसनसोल रेलवे में ग्रुप डी में जॉब करता था। जब यहां न्यायिक प्रक्रिया के दौरान सीजीएल में नौकरी लगी तो रेलवे में रिजाइन कर यहां ज्वॉइन किया। 17 अगस्त को मुख्यमंत्री ने अचानक ऐसा निर्णय लिया कि हमलोग सड़क पर आ गए। मैं ही घर में बड़ा हूं तो परिवार की काफी जिम्मेदारी मुझ पर है। सरकार को ऐसा निर्णय नहीं लेना चाहिए। मेरी शादी की भी बात चल रही थी, तब तक जॉब ही चली गई।' यह कहना हजारीबाग के रहने वाले सीजीएल के सफल अभ्यर्थी सुरेंद्र कुमार की। वो सहायक प्रशाखा पदाधिकारी के पद पर कार्यरत हैं। दरअसल, 17 अगस्त को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने जैसे ही सीजीएल रद्द करने की घोषणा की, सीजीएल के सफल अभ्यर्थियों के पैर के नीचे से जमीन खिसक गई। वे प्रोजेक्ट भवन के पास ही धरने पर बैठ गए। मंगलवार को भी तेज बारिश के बीच दिनभर प्रोजेक्ट भवन के बाहर खड़े रहे। चयनित युवाओं ने कहा कि कुछ लोगों की गलती की सजा हम निर्दोषों को न दी जाए। शरीर गला कर परीक्षा पास की थी, नौकरी लगी थी। लेकिन अब कहीं के नहीं रहे। दैनिक भास्कर की टीम से कुछ युवाओं ने बात की और अपना दर्द बयां किया। हम सभी बीच मझदार में फंस गए: शिव प्रसाद मुर्मूपूर्वी सिंहभूम के रहने वाले शिव प्रसाद मुर्मू कहते हैं मैं बीएसएफ में जॉब करता था। उसके बाद फॉरेस्ट विभाग में आया। अब यहां सहायक प्रशाखा पदाधिकारी के पद पर काम कर रहा था। अचानक से सरकार ने ऐसा फैसला लिया, जिसके बाद हम सभी बीच मझदार में फंस गए हैं। शिव प्रसाद ने कहा- मेरे ऊपर ही पूरे परिवार की जिम्मेदारी है। बच्चों को भी रांची लेकर आ गया था। अब कुछ समझ नहीं आ रहा है क्या करें, क्या ना करें। मेरा कुछ अच्छा हो, तभी मैं इस जॉब में आया था। अब सरकार हमसे यह भी छीन लेना चाहती है। बताइए अब हम कहां जाएंगे? मेरा सपना ही टूट गया: लीटा बास्केपूर्वी सिंहभूम के रहने वाले लीटा बास्के ने कहा-ये मेरी पहली जॉब है। 2015 में सीजीएल की परीक्षा दी थी, जो रद्द हो गई थी। इसके बाद लगातार हम लोग प्रयास करते रहे और अंततः 2025 में जॉइनिंग हुआ। मैंने सोचा था कि अब शादी करूंगा और घर बसाउंगा। पर मेरा सपना ही टूट गया। उन्होंने कहा- हम लोग कभी भी सीबीआई जांच से पीछे नहीं हटते हैं। झारखंड सरकार ने कहा था कि 2023 में कि हमने यह कानून भी बनाया है कि जो भी दोषी पाया जाएगा उसे कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी और और एक करोड़ का जुर्माना भी लिया जाएगा तो सरकार पीछे क्यों भाग रही है। मेरा भविष्य खराब कर दिया इस सरकार ने: कृष्ण कुमारकृष्ण कुमार पलामू के रहने वाले हैं। वो कहते हैं कि सरकार ने मुझे एक बार फिर बेरोजगार कर दिया। मैंने अपने छोटे भाई से सहयोग लेकर पढ़ाई की और इस परीक्षा को पास किया। भाई गाड़ी चलाता है। अब सरकार ने मुझे ऐसी जगह पर लाकर खड़ा कर दिया है कि मैं अपने भाई के लिए तो छोड़िए अपने लिए भी कुछ नहीं कर सकता हूं। उन्होंने कहा- मैं शादीशुदा हूं और अपने बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए अच्छे स्कूल में डाला था। अब उसकी फीस कहां से भरूंगा। मेरे बच्चे और मेरा, दोनों का भविष्य बर्बाद कर दिया इस सरकार ने। एक पक्ष की बात सुनकर फैसला लेना कहां तक सही है: चंदा कुमारी विरोध कर रहीं चंदा कुमारी कहती हैं-हमारी न्यायपालिका और लोकतंत्र इस सिद्धांत पर काम करते हैं कि भले ही 100 दोषी लोग छूट जाएं, लेकिन एक भी निर्दोष व्यक्ति को सजा नहीं मिलनी चाहिए। लेकिन सरकार के इस फैसले से हाजरों निर्दोष लोगों को तुरंत सजा मिल गई है। क्या परीक्षा रद्द करना सिस्टम को बेहतर बनाने का सही तरीका है? क्या इससे असल दोषियों को सजा मिल पाएगी? पिछले 24 दिनों से सरकार ने सिर्फ एक पक्ष की बात सुनी है और दूसरे पक्ष को अपनी बात रखने का मौका नहीं दिया है। एक पक्ष की बात सुनकर फैसला लेना कहां तक सही है? हमें अपनी बात रखने का मौका तक नहीं दिया गया। इसलिए अब हम मीडिया के जरिए अपनी बात रख रहे हैं।
रांची में जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में छात्र आंदोलन बुधवार को 26वें दिन भी जारी है। सरकार के फैसले से छात्र खुश हैं, लेकिन CBI जांच की मांग पर अड़े हैं। वहीं, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन द्वारा JSSC-CGL परीक्षा रद्द करने के ऐलान के बाद सीजीएल के सफल अभ्यर्थी भी प्रोजेक्ट भवन के बाहर धरने पर बैठ गए हैं। दरअसल, झारखंड सरकार ने 17 अगस्त को JSSC-CGL परीक्षा रद्द कर दी। परीक्षा एजेंसी TDPL द्वारा ली गई सभी परीक्षाओं को कैंसिल करने की घोषणा की गई। राज्य सरकार ने ये भी ऐलान किया कि साल 2014 से अब तक हुई सभी नियुक्ति परीक्षाओं की जांच कराई जाएगी। 'हम सरकारी कर्मचारी थे आज बेरोजगार हैं' अब JSSC-CGL एग्जाम पास करने वाले कैंडिडेट्स परीक्षा रद्द होने विरोध कर रहे हैं। उन्हें अपने भविष्य की चिंता सताने लगी है। उनका कहना है कि कल तक हम सरकारी कर्मचारी थे आज बेरोजगार हैं। इधर, सरकार के फैसले से आंदोलनरत छात्र खुश हैं, लेकिन CBI जांच की मांग पर अड़े हैं। छात्र नेता रवींद्र पासवान ने कहा, सरकार के नोटिफिकेशन की स्टडी करेंगे। जब तक CBI जांच की मांग नहीं मानी जाती, आंदोलन जारी रहेगा। वहीं, राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए झारखंड सरकार की तारीफ की और कहा हमने छात्रों की बात सुनी और फैसला लिया। CM बोले- रिटायर्ड जज की देखरेख में जांच होगी कैबिनेट की विशेष बैठक के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोमवार रात परीक्षा रद्द करने की घोषणा की। कहा- SIT और CID दोनों की जांच में कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। चूंकि जांच चल रही है, इसलिए हर बात खुले तौर पर बताना संभव नहीं है। इसमें कई कंपनियों का एक जटिल और आपस में जुड़ा हुआ नेटवर्क शामिल है, जिन्होंने अलग-अलग समय पर यहां काम किया है। 2014 से लेकर अब तक आयोजित सभी परीक्षाओं की जांच CID से कराई जाएगी। नोटिफिकेशन के बाद आगे की रणनीति तय करेंगेः छात्र छात्र नेता रवीन्द्र पासवान ने कहा, सरकार ने हमसे अपील की ये आंदोलन और अनशन को खत्म करें, लेकिन जो हमारी मांगे CBI संबंधित हैं उस पर सरकार की अभी तक सहमति नहीं बन पाई है। हमारी CBI जांच से संबंधित जो मांगें है, वे बरकरार हैं। सरकार की तरफ से जो भी नोटिफिकेशन आएगा, उसकी हम स्टडी करेंगे। उसके बाद हम आंदोलन की रणनीति के बारे में बताएंगे।' JSSC-CGL पास उम्मीदवारों का धरना JSSC-CGL परीक्षा से जिन उम्मीदवारों की नियुक्ति हुई थी और जिन्होंने अपने पदों पर काम भी किया था, वे अपनी नियुक्तियों को लेकर स्पष्टता और न्याय की मांग करते हुए प्रोजेक्ट भवन के बाहर धरना दे रहे हैं। कैबिनेट की विशेष बैठक के दौरान ही CGL के सफल अभ्यर्थी प्रोजेक्ट भवन के बाहर जुट गए। अभ्यर्थियों ने नियुक्ति रद्द करने के फैसले का विरोध किया। इस दौरान भारी संख्या में पुलिस बल तैनात थी। जैसे ही मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सीजीएल परीक्षा रद्द करने की घोषणा की, कई सफल अभ्यर्थी रो पड़े और धरने पर बैठ गए। उन्होंने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कहा कि वे अब न्याय के लिए कोर्ट जाएंगे। मंगलवार को बारिश के बीच डटे रहे। इधर, हाईकोर्ट के अधिवक्ता विनोद सिंह ने कहा कि नियुक्ति के बाद बिना अभ्यर्थियों का पक्ष सुने नौकरी रद्द करना न्याय के विरुद्ध है। उन्होंने कहा कि सरकार ने आठ महीने तक अभ्यर्थियों को वेतन भी दिया है। ऐसे में फैसला एकपक्षीय है। अभ्यर्थियों के सामने हाईकोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक जाने का विकल्प खुला है। ----------- इसे भी पढ़िए.. झारखंड के 2434 युवाओं की नौकरी पर संकट:TDPL की 9 परीक्षाओं से 502 पदों पर होती नियुक्ति, JSSC-CGL से 1932 को मिली थी नौकरी
देशभर के चयनित 512 रेलवे स्टेशनों में सिर्फ 54 स्टेशन ही निर्धारित न्यूनतम आवश्यक सुविधाओं के मानकों पर खरे उतरे हैं। इनमें झारखंड के तीन स्टेशन रांची, टाटानगर और तेतुलमारी स्टेशन शामिल हैं। रिपोर्ट में टाटानगर को एनएसजी-2, रांची को एनएसजी-3 और तेतुलमारी को एनएसजी-5 श्रेणी में रखा है। देश के बाकी 548 स्टेशनों पर बुनियादी सुविधाएं मानकों से कम पाई गई। कैग की रिपोर्ट में यह खुलासा हुआ है। रिपोर्ट में कहा गया है कि साउथ ईस्टर्न रेलवे का न्यूनतम आवश्यक सुविधाओं का स्कोर 29.1 रहा, जो सभी रेलवे जोन में सबसे कम है। यह झारखंड की चिंता बढ़ाने वाली है। सबसे गंभीर मामला मधुपुर स्टेशन पर सामने आया। यहां वाटर कूलर से लिए गए पानी के नमूने में ई-कोलाई बैक्टीरिया मिला। यह बैक्टीरिया देश के आठ स्टेशनों के वाटर कूलर के पानी के सैंपल में मिले। रिपोर्ट में सिर्फ पानी की गुणवत्ता ही नहीं, बल्कि सुविधाओं की उपलब्धता में भी कमी मिली। धनबाद स्टेशन पर पीने के पानी के नलों और वाटर कूलरों की कमी मिली। कोडरमा में ड्रिंकिंग वाटर टैप्स, वाटर कूलर और साइनेज की कमी दर्ज की गई। वहीं, जसीडीह में पानी के नलों के अलावा सीटिंग, वाटर कूलर और साइनेज की व्यवस्था भी अपर्याप्त पाई गई। रिपोर्ट में ये खामियां गिनाईं सफाई व्यवस्था पर्याप्त नहीं, कीट नियंत्रण के भी कई जगह उपाय नहीं कैग की जांच में साउथ-ईस्टर्न रेलवे के कई स्टेशनों पर सफाई और स्वच्छता व्यवस्था में कमियां भी सामने आईं। पांच स्टेशनों पर कीट और कृंतक नियंत्रण के उपाय नहीं किए गए थे, जबकि चार स्टेशनों पर पेयजल बूथ और वाटर कूलर अस्वच्छ मिले। छह स्टेशनों पर आवारा कुत्तों की मौजूदगी दर्ज की गई। एक स्टेशन पर खानपान स्टॉल के आसपास सफाई नहीं थी। तीन स्टेशनों पर पान-गुटखे के दाग मिले, जबकि दो प्रतीक्षालय और एक फुट ओवरब्रिज अस्वच्छ पाया गया। कांड्रा में तीन साल से ज्यादा समय से लटके यात्री सुविधा के काम यात्री सुविधाओं से जुड़े निर्माण कार्यों की धीमी गति ने भी रेलवे की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए हैं। कांड्रा स्टेशन पर प्लेटफॉर्म का स्तर बढ़ाने, वेटिंग हॉल, टॉयलेट और प्लेटफॉर्म शेल्टर से जुड़े काम तीन साल से अधिक समय से लंबित मिला। मार्च 2024 तक इसकी भौतिक प्रगति 85 प्रतिशत थी। रेलवे के आधिकारिक दस्तावेज में भी इस परियोजना को तीन साल से अधिक विलंबित और 85% पूर्ण बताया गया है। महालीमरूप स्टेशन पर फुट ओवरब्रिज का काम भी तीन साल से लंबित मिला।
बीएसएफ ने सीमा पर रिट्रीट सेरेमनी का समय बदला, अब शाम 6 बजे होगी परेड
फाजिल्का के सादकी, अमृतसर के अटारी और फिरोजपुर के हुसैनीवाला सीमा पर होने वाली रिट्रीट सेरेमनी का समय बदल दिया गया है। अब परेड शाम 6 बजे शुरू होकर 6:30 बजे तक होगी। इससे पहले कार्यक्रम शाम 6:30 बजे शुरू होकर 7 बजे समाप्त होता था। बीएसएफ ने नया शेड्यूल लागू किया है। बीएसएफ अफसरों के अनुसार, मौसम में बदलाव के कारण यह निर्णय लिया गया है। दिन लंबे होने और सूर्यास्त देर से होने के चलते दर्शकों को कार्यक्रम देखने में सुविधा हो, लिसके लिए समय में परिवर्तन किया गया है। वहीं, सुरक्षा के लिहाज से भी सेरेमनी में अहम बदलाव किया गया है। सादकी बॉर्डर पर हर दिन बड़ी संख्या में लोग समारोह देखने पहुंचते हैं। अब समय और व्यवस्था में बदलाव के बाद दर्शकों को पहले से योजना बनाकर समय पर पहुंचना होगा।
लुधियाना के घंटा घर चौक के पास दोस्त की बर्थडे पार्टी से लौट रहे 39 वर्षीय फोटोग्राफर रमिंदर सिंह उर्फ सोनू की गोली मारकर की गई हत्या के मामले में पुलिस ने हत्या (धारा 302), हत्या के प्रयास (धारा 307) और आर्म्स एक्ट के तहत केस दर्ज कर लिया है। पुलिस ने कई जगह छापेमारी कर कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया है, जिनसे पूछताछ की जा रही है। आज मृतक का पोस्टमॉर्टम करवाकर शव परिजनों को सौंपा जाएगा, जिसके बाद उसका अंतिम संस्कार होगा। इसी बीच वारदात से ठीक पहले का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें क्रेटा सवार हमलावर और मृतक के दोस्त आपस में झगड़ते दिख रहे हैं। बोले थे आधे घंटे में आ रहा हूं रमिंदर की मौत के बाद रोती-बिलखती पत्नी ज्योति ने बताया कि रात को रमिंदर के पास एक दोस्त का फोन आया था। वह यह कहकर घर से पैदल ही निकले थे कि थोड़ी देर में लौट आएंगे और अपने दोस्त के घर चले गए। पत्नी ने रोते हुए कहा कि वे घर से पैदल गए थे अगर वह अपनी एक्टिवा लेकर जाते और एक्टिवा से ही वापस आ जाते तो यह सब होता ही नहीं। पत्नी ने बताया,रात जब काफी देर हो गई तो मैंने उन्हें फोन किया। उन्होंने कहा कि बस आधे घंटे में घर पहुंच रहा हूं। इसके बाद मैंने दोबारा फोन मिलाया तो उन्होंने कहा कि रास्ते में हूं आ रहा हूं। मगर कुछ देर बाद करीब 1 बजे उनके मोबाइल से कॉल आया। सामने वाले ने पूछा कि आप कौन बोल रही हैं? जब मैंने बताया कि मैं इनकी घरवाली बोल रही हूं तो उधर से कहा गया कि रमिंदर का एक्सीडेंट हो गया है गर्दन पर गहरी चोट लगी है और आप तुरंत डीएमसी (DMC) अस्पताल आ जाओ। पत्नी ने आगे बताया इसके बाद मैंने तुरंत अपने भाई,देवर और पिता को अस्पताल भेजा। वे वहां पहुंचे लेकिन मुझे सुबह बताया गया कि उनका कोई एक्सीडेंट नहीं हुआ था, बल्कि गोली लगने से उनकी मौत हुई है।पत्नी ने कहा वे बेहद शरीफ इंसान थे उनका किसी से कोई झगड़ा या दुश्मनी नहीं थी। झगड़ा किसी और का था और गोली मेरे पति को लग गई। झगड़े का वीडियो आया सामने, पुलिस हिरासत में संदिग्ध घटना से जुड़ा एक फुटेज भी सामने आया है। फुटेज में जेएमडी मॉल के पास क्रेटा कार सवार युवक और रमिंदर के दोस्त बहस और हाथापाई करते नजर आ रहे हैं। रमिंदर कार में ही बैठे थे लेकिन जब वे गाड़ी लेकर आगे बढ़े तो क्रेटा सवारों ने पीछा कर सीधी फायरिंग कर दी।
हिमाचल प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस ने तैयारियां तेज कर दी हैं। सत्र के दौरान विधानसभा परिसर, आसपास के क्षेत्रों, धरना स्थल, शहर के प्रवेश मार्गों और यातायात व्यवस्था पर विशेष नजर रखी जाएगी।
सरकार के लिए छात्रों का भविष्य प्राथमिकता : सांसद
परीक्षा में गड़बड़ी को लेकर आंदोलनरत छात्रों के हित में राज्य सरकार द्वारा लिए गए फैसले का स्वागत करते हुए लोहरदगा सांसद सुखदेव भगत ने इसे छात्रों के साथ न्याय की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताया है। उन्होंने जेएसएससी व सीजीएल सहित टीडीपीएल एजेंसी द्वारा आयोजित सभी परीक्षाओं को रद्द करने के निर्णय के लिए कांग्रेस नेता राहुल गांधी और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने छात्रों की चिंता, उनकी मेहनत और उनके भविष्य को गंभीरता से लेते हुए संवेदनशील एवं जवाबदेह निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि टीडीपीएल एजेंसी द्वारा कराई गई सभी परीक्षाओं के साथ जेएसएससी व सीजीएल परीक्षा को रद्द करने का फैसला यह स्पष्ट करता ।
कुडू़ की सड़कों पर बेखौफ दौड़ रहे अवैध गिट्टी लदे हाइवा और ट्रैक्टर, प्रशासन मौन
प्रखंड थाना क्षेत्र की सड़कों पर क्षमता से अधिक इन दिनों गिट्टी और बालू लदे ट्रक, ट्रैक्टर, हाइवा बिना चालान के ही बेखौफ दौड़ रहे है। जिससे खनन विभाग को प्रतिमाह लाखों रुपए का राजस्व नुकसान हो रहा है। ग्रामीण और कुडू शहरी क्षेत्र की सड़कें खराब हो रही है, बावजूद इसके जिला स्तरीय टास्क फोर्स टीम को राजस्व नुकसान नहीं दिख रहा है। विश्वसनीय सूत्रों ने बताया कि रांची जिले के बुढ़मू, चंदवा, कुडू सहित अन्य जगहों से गिट्टी लदे आधा दर्जन से अधिक हाइवा और ट्रैक्टर बिना माइनिंग चालान के धड़ल्ले से कुडू़ थाना क्षेत्र होकर लोहरदगा, गुमला सहित अन्य जगहों पर निकल जा रही हैं। खनन विभाग की टीमें कभी कभी भ्रमण कर जांच करती हैं, बावजूद इसके बिना खनन चालान के बालू गिट्टी लदे यह वाहन कैसे निकल रहे हैं। यह एक बड़ा सवाल है। यही नहीं कुडू के दर्जनों बालू घाटों से बिना परमिट बालू लदे हाइवा और ट्रैक्टर से बालू का परिवहन धड़ल्ले से बालू माफिया कर रहे हैं। बावजूद इसके इनके खिलाफ अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो रही है। इससे सबसे बड़ा नुकसान राजस्व को हो रहा है। प्रतिमाह राजस्व को लाखों रुपये की क्षति हो रही है। बावजूद इसके संबंधित महकमा अब तक गंभीर नहीं हो रहा है। अवैध मटेरियल लेकर सड़कों पर दौड़ रही गाड़ियां कई बार दुर्घटना का कारण भी बनती है। खासकर रात्रि के दौरान अवैध बालू और गिट्टी लेकर चलने वाली ट्रैक्टर की स्पीड अनियंत्रित होने के कारण घटना को भी अंजाम दे रही है। स्थानीय लोगों ने इस ओर लोहरदगा डीसी, पुलिस अधीक्षक, डीएफओ, ध्यान आकृष्ट कराते हुए बिना परमिट बालू गिट्टी लदे वाहनों की जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग की है। मामले पर सीओ संतोष उरांव ने कहा सूचना मिला है, जांच कर कार्रवाई करेंगे। पत्थर और बालू का अवैध कारोबार हर हाल में बंद होगा।
सोशल मीडिया की दुनिया में अपनी अनूठी पहचान बनाने और दूसरों को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर आगे बढ़ने का रास्ता दिखाने वाले सरायकेला के दो चर्चित क्रिएटर अब जिले की पहचान को पश्चिम बंगाल तक पहुँचाने जा रहे हैं। चंदन कुमार दे और प्रदीप कुमार को 23 अगस्त को पश्चिम बंगाल के आद्रा स्थित साहेब बांध पार्क में आयोजित होने वाले ‘इन्फ्लुएंसर मिलन मेला’ में विशेष रूप से आमंत्रित किया गया है। आयोजकों का यह आमंत्रण सरायकेला के सोशल मीडिया क्रिएटर्स के लिए एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। आद्रा साहेब बांध पार्क में 23 अगस्त को सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक आयोजित होने वाले इस मिलन मेले में सोशल मीडिया क्रिएटर्स और इन्फ्लुएंसर्स को एक-दूसरे से संवाद करने, अपने अनुभव साझा करने और डिजिटल क्षेत्र की नई संभावनाओं को समझने का सुनहरा अवसर मिलेगा। इस कार्यक्रम में खेलकूद, सांस्कृतिक गतिविधियों और लजीज व्यंजनों का भी विशेष आयोजन किया जाएगा। पश्चिम बंगाल के चर्चित सुपरस्टार बाबूराव के विशेष आमंत्रण पर चंदन और प्रदीप इस भव्य कार्यक्रम में शामिल होंगे। गौरतलब है कि चंदन कुमार दे और प्रदीप कुमार लंबे समय से फेसबुक, इंस्टाग्राम और यूट्यूब से जुड़ी तकनीकी जानकारियां लोगों तक पहुँचाने के साथ नए क्रिएटर्स को मार्गदर्शन दे रहे हैं। बीते 17 मई को कांड्रा में जिले का पहला फेसबुक मीटअप आयोजित कराने में दोनों की अहम भूमिका रही थी, जिसमें झारखंड के अलावा पश्चिम बंगाल और ओडिशा के कई जाने-माने सोशल मीडिया क्रिएटर्स शामिल हुए थे। इसके बाद 19 जुलाई को गम्हरिया प्रखंड के सातबोहनी में भी कार्यक्रम आयोजित कर सोशल मीडिया के विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी गई थी। वहीं, पूर्वी सिंहभूम के जादूगोड़ा स्थित पिकनिक स्पॉट पर भी दोनों को मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया था। क्रिएटर्स को प्रतिभा प्रदर्शित करने का मंच इनके निरंतर प्रयासों से जिले के कई सोशल मीडिया यूजर्स को फेसबुक मोनेटाइजेशन, डिजिटल टूल्स और कंटेंट क्रिएशन की बारीकियों को समझने में मदद मिली है। इससे स्थानीय स्तर पर कई क्रिएटर्स को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने और आय के नए अवसर तलाशने का मंच मिला है। आद्रा के इस मिलन मेले में उनकी भागीदारी से स्थानीय स्तर पर शुरू हुआ यह डिजिटल सफर अब राज्य की सीमाओं को पार कर अपनी एक अलग पहचान बना रहा है। इन दोनों युवाओं की सक्रियता से सरायकेला के अन्य युवाओं और नए क्रिएटर्स को भी डिजिटल क्षेत्र में आगे बढ़ने की गहरी प्रेरणा मिल रही है।
इलाज के लिए 20 किमी दूर जाने को मजबूर मरीज, गर्भवती महिलाओं की बढ़ी परेशानी
दारू प्रखंड के मेढ़कुरी खुर्द पंचायत स्थित आयुष्मान आरोग्य मंदिर के नियमित रूप से संचालित नहीं होने पर ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि स्वास्थ्य केंद्र अधिकांश समय बंद रहता है और मुख्य द्वार पर ताला लगा रहता है। इसके कारण मरीजों को इलाज के लिए करीब 20 किलोमीटर दूर जाना पड़ता है। डिलीवरी और अन्य आपात स्थितियों में परेशानी अधिक होती है। ग्रामीणों का कहना है कि केंद्र पर तैनात स्टाफ को 24*7 उपलब्ध रहने के निर्देश हैं, फिर भी सेवाएं नहीं मिल रही हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, सरकार ने गांवों में स्वास्थ्य सेवाएं मजबूत करने के लिए लाखों रुपए की लागत से यह केंद्र बनवाया था। लेकिन चिकित्सक और स्वास्थ्यकर्मियों की नियमित उपलब्धता नहीं होने से इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है। ग्रामीणों ने यह भी कहा कि केंद्र के खुलने और बंद होने का कोई निर्धारित समय सार्वजनिक नहीं किया गया है, जिससे मरीजों को बार-बार लौटना पड़ता है। ग्रामीण राजू रजक ने बताया कि स्वास्थ्य केंद्र गांव में होने के बावजूद इलाज के लिए दूर जाना पड़ता है। इससे समय और पैसे की अतिरिक्त बर्बादी होती है। उन्होंने कहा कि आपातकाल में स्थिति और गंभीर हो जाती है। ग्रामीणों ने पंचायत स्तर पर निगरानी की कमी का आरोप लगाते हुए मुखिया भोला तुरी को भी उदासीन बताया। इस पर भोला तुरी ने फोन पर कहा कि वे पिछले कुछ दिनों से उस क्षेत्र में नहीं गए हैं और जानकारी लेकर समाधान का प्रयास करेंगे। प्रभारी चिकित्सक डॉ. सतीश कुमार ने बताया कि केंद्र में दो कर्मी पदस्थापित हैं। उन्होंने कहा कि वे स्वयं अतिरिक्त प्रभार में कार्यरत हैं और केंद्र की व्यवस्था व निगरानी सिविल सर्जन के अधीन है। ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग से मांग की है कि केंद्र को नियमित रूप से चलाया जाए और चिकित्सकों व स्वास्थ्यकर्मियों की उपस्थिति सुनिश्चित की जाए, ताकि गांव में ही बुनियादी स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें।
जनता दरबार में आमजनों की समस्याएं सुनीं
उपायुक्त हेमन्त सती ने मंगलवार को अपने कार्यालय कक्ष में जनता दरबार का आयोजन किया। उपायुक्त ने जनता दरबार में जिले के ग्रामीण-शहरी क्षेत्रों से पहुंचे आमजनों की समस्याएं सुनीं। जनता दरबार में बड़ी संख्या में लोगों ने अपनी समस्याओं से संबंधित आवेदन प्रस्तुत किए। जनता दरबार में भूमि विवाद, सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ, सड़क, आवास योजना, मुआवजा तथा अन्य जनहित से जुड़े आवेदन प्राप्त हुए। उपायुक्त ने प्रत्येक आवेदक की समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित विभागों के पदाधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई करने हेतु आवेदन अग्रसारित किया। उपायुक्त ने कहा कि जनता दरबार आमजनों और प्रशासन के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्राप्त आवेदनों का त्वरित व गुणवत्तापूर्ण निष्पादन किया जाए।
राष्ट्रीय राजमार्ग पर अतिक्रमण करने वालों को नोटिस थमाए
उपायुक्त हेमन्त सती की अध्यक्षता में मंगलवार को समाहरणालय सभाकक्ष में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में सड़क सुरक्षा से संबंधित विभिन्न बिंदुओं की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने राष्ट्रीय राजमार्ग पर अतिक्रमण करने वालों को नोटिस तामिल कराएं। अवैध अतिक्रमण के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। इसके साथ ही दुर्घटना संभावित स्थलों को चिह्नित कर उन्हें शीघ्र दुरुस्त किए जाएं। बैठक के दौरान राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के प्रतिनिधि ने बताया कि एचएच व नगवां टोल प्लाजा के समीप एंबुलेंस की उपलब्धता सुनिश्चित की गई है। आवश्यकता पड़ने पर राष्ट्रीय राजमार्ग हेल्पलाइन नंबर 1033 पर संपर्क कर एंबुलेंस सेवा प्राप्त की जा सकती है। राष्ट्रीय राजमार्ग के प्रावधानों के अनुसार नेशनल हाईवे के समीप पेट्रोल पंप स्थापित करने के लिए एनएचएआई से पूर्व अनुमति प्राप्त करना अनिवार्य है। इस संबंध में उपायुक्त ने संबंधित पदाधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिया। उपायुक्त ने सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम के उद्देश्य से राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे संचालित अनधिकृत पार्किंग स्थलों को हटाने हेतु आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें तथा निर्धारित समय सीमा के भीतर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें। बैठक में उप निर्वाचन पदाधिकारी, जिला परिवहन पदाधिकारी, राष्ट्रीय राजमार्ग के प्रतिनिधि सहित अन्य कर्मी उपस्थित थे।
नशा कारोबार, अवैध तस्करी और उत्खनन पर लगाएं विराम : एसपी
एसपी अमन कुमार ने अपराध समीक्षा बैठक की। बैठक में सभी थाना प्रभारियों और पुलिस पदाधिकारियों को अपराध नियंत्रण, लंबित मामलों के निष्पादन और त्योहारों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर निर्देश दिए गए। एसपी ने ईद उल मिलाद को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए सतर्कता बढ़ाने को कहा। बैठक में महिला अत्याचार, छेड़खानी, बलात्कार और पोक्सो से जुड़े मामलों पर विशेष फोकस किया गया। एसपी ने इन श्रेणियों के लंबित कांडों का 60 दिनों के भीतर निष्पादन करने का निर्देश दिया। वर्ष 2025 से पहले के सभी लंबित मामलों को भी प्राथमिकता के आधार पर जल्द निपटाने को कहा गया। समीक्षा में बताया गया कि जुलाई 2026 में जिले के विभिन्न थानों में 317 कांड दर्ज हुए। इसी अवधि में 668 कांडों का निष्पादन किया गया। पुलिस ने 1225 वारंट और कुर्की आदेशों का निष्पादन किया। 1749 पासपोर्ट सत्यापन भी पूरे किए गए। साइबर अपराध, महिला सुरक्षा और सड़क सुरक्षा पर जागरूकता अभियान चलाने को कहा गया। अवैध मादक पदार्थ कारोबार, संगठित अपराध, अवैध खनन और साम्प्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने वालों पर कार्रवाई तेज करने के निर्देश दिए गए। बैठक में एसडीपीओ, डीएसपी, इंस्पेक्टर और थाना प्रभारी मौजूद रहे।
चुनाव के दौरान मिला था आश्वासन, लेकिन अब तक नहीं बनी सड़क, कीचड़ भरा देख से ग्रामीणों का फूटा गुस्सा
प्रखंड की खाजुरी पंचायत के माझगड़िया गांव में बदहाल सड़क को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश अनोखे तरीके से सामने आया। सड़क की जर्जर स्थिति के विरोध में ग्रामीणों ने मंगलवार को कीचड़ और पानी से भरी सड़क पर धान की रोपाई कर सांकेतिक प्रदर्शन किया। जेएलकेएम के जामताड़ा जिला सचिव अशोक घोष के नेतृत्व में ग्रामीणों ने यह शांतिपूर्ण विरोध दर्ज कर प्रशासन और जनप्रतिनिधियों का ध्यान वर्षों पुरानी समस्या की ओर आकृष्ट कराया। ग्रामीणों के अनुसार बदहाल सड़क के कारण आवागमन जोखिम भरा हो गया है। हाल ही में गांव का एक बच्चा टोटो से गिरकर घायल हो गया था और उसके हाथ में फ्रैक्चर हुआ। परिजनों के अनुसार इलाज में करीब 30 हजार रुपये खर्च हुए। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क की स्थिति के कारण ऐसी घटनाओं का खतरा लगातार बना रहता है। माझगड़िया गांव से करीब एक किलोमीटर की दूरी पर स्टेट हाईवे गुजरता है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि सड़क की समस्या का जल्द समाधान नहीं हुआ तो वे स्टेट हाईवे पर शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन करेंगे। ग्रामीण अशोक घोष ने कहा कि यह विरोध किसी व्यक्ति या संस्था के खिलाफ नहीं है। गांव की वर्षों पुरानी बुनियादी समस्या की ओर प्रशासन का ध्यान शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से आकर्षित करने का प्रयास है। उन्होंने प्रशासन से माझगड़िया गांव की सड़क का स्थल निरीक्षण कराने तथा सड़क की स्वीकृति, फंड और निर्माण की वास्तविक स्थिति सार्वजनिक करने की मांग की। साथ ही निर्माण कार्य जल्द शुरू कराने की मांग की। ग्रामीणों ने कहा कि सड़क केवल आवागमन का साधन नहीं है, बल्कि बच्चों की सुरक्षा, मरीजों की आवाजाही, शिक्षा और रोजमर्रा की जरूरतों से जुड़ा महत्वपूर्ण मुद्दा है। इस सड़क से प्रतिदिन करीब एक हजार लोगों की आवाजाही होती है। इसके बावजूद सड़क निर्माण को लेकर प्रशासन की ओर से ठोस पहल नहीं होने से ग्रामीणों में नाराजगी है। यहां के ग्रामीणों को पिछले 30 वर्षों से पक्की सड़क का इंतजार ग्रामीणों का कहना है कि गांव में करीब 30 वर्षों से एक भी पक्की सड़क नहीं बनी है। बारिश के मौसम में कच्ची सड़क पूरी तरह कीचड़ और पानी से भर जाती है। स्थिति ऐसी हो जाती है कि सड़क और खेत में अंतर करना मुश्किल हो जाता है। ग्रामीणों के अनुसार पिछले विधानसभा चुनाव के दौरान सड़क निर्माण का आश्वासन दिया गया था, लेकिन अब तक काम शुरू नहीं हुआ। ग्रामीणों ने बताया कि वे कई बार जनप्रतिनिधियों के पास सड़क निर्माण की मांग लेकर पहुंचे, लेकिन फंड उपलब्ध नहीं होने की बात कहकर उन्हें वापस कर दिया गया। ग्रामीणों ने सवाल उठाया कि यदि सड़क निर्माण की स्वीकृति दी गई थी तो अब तक काम क्यों शुरू नहीं हुआ।
प्रश्न मंच प्रतियोगिता में रामप्रसाद चंद्रभान सरस्वती शिशु विद्या मंदिर बना चैंपियन
गोला रोड स्थित रामप्रसाद चंद्रभान सरस्वती शिशु विद्या मंदिर के वंदना सभागार में मंगलवार को संकुल स्तरीय प्रश्न मंच प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं के सम्मान में समारोह का आयोजन किया गया। समारोह में प्रतियोगिता के विभिन्न वर्गों में सफल प्रतिभागियों को विद्यालय प्रबंधन समिति सहित शिक्षकों द्वारा सम्मानित किया गया। 11 अगस्त को सरस्वती शिशु विद्या मंदिर, गिद्दी बस्ती में संकुल स्तरीय प्रश्न मंच प्रतियोगिता का आयोजन किया गया था। प्रतियोगिता में रामगढ़ जिले के विभिन्न विद्यालयों से चयनित प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कुल आठ विद्यालयों के प्रतिभागियों ने विभिन्न विधाओं में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता में विज्ञान, वैदिक गणित, संस्कृति बोध, त्वरित भाषण, मूर्ति कला, कथा कथन सहित अनेक विधाओं को शामिल किया गया था। रामप्रसाद चंद्रभान सरस्वती शिशु विद्या मंदिर, रामगढ़ के भैया-बहनों ने विभिन्न प्रतियोगिताओं में शानदार प्रदर्शन करते हुए सर्वाधिक पुरस्कार हासिल किये। विद्यालय के प्रतिभागियों के उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर विद्यालय को ओवरऑल चैंपियन घोषित किया गया। इस उपलब्धि पर आयोजित सम्मान समारोह में विद्यालय प्रबंधन समिति के सचिव शंकर लाल अग्रवाल, प्रधानाचार्य प्रवीण सहित कई शिक्षक-शिक्षिकाएं शामिल थे।
पोर्टल पर 1491 शिकायतें, 858 का निष्पादन किया
रामगढ़ में उपायुक्त ऋतुराज की अध्यक्षता में मंगलवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जन शिकायतों के निष्पादन की समीक्षा बैठक हुई। बैठक में MEETA Ramgarh Portal पर दर्ज शिकायतों की विभागवार और प्रखंडवार स्थिति की जांच की गई। प्रशासन के अनुसार पोर्टल पर कुल 1491 आवेदन प्राप्त हुए हैं। इनमें 858 मामलों का निष्पादन हो चुका है। उपायुक्त ने लंबित मामलों की अद्यतन स्थिति की समीक्षा की और संबंधित अधिकारियों को तय समय सीमा में गुणवत्तापूर्ण और त्वरित निष्पादन के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं का समयबद्ध समाधान प्रशासन की प्राथमिकता है। पोर्टल पर आने वाली शिकायतों की नियमित मॉनिटरिंग करने और लंबित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाने को कहा गया। बैठक में सीपी ग्राम पोर्टल पर आए मामलों की भी विभागवार समीक्षा की गई। अधिकारियों को निष्पादन की गति बढ़ाने के निर्देश दिए गए। झार सेवा पोर्टल पर सेवा का अधिकार अधिनियम के तहत लंबित मामलों के निष्पादन पर उपायुक्त ने असंतोष जताया। सभी अंचल अधिकारियों को मामलों का शीघ्र निपटारा सुनिश्चित करने को कहा गया।
मां मनसा के दरबार में उमड़ी श्रद्धा, रातभर पूजन
श्रीश्री मां मनसा पूजा महोत्सव फुटलाहीबांध, कोयरी टोला हाई स्कूल पारसोतिया रामगढ़ में मां मनसा पूजा धूमधाम मनाया जा रहा है। तीन दिवसीय महोत्सव के तहत कई धार्मिक कार्यक्रम किए गए। पूजा स्थल पर मां मनसा देवी की प्रतिमा स्थापित कर पूजा की जा रही है। पुजारी गणेश पांडेय द्वारा यजमान लेखराज महतो को सपत्निक पूजा कराई। 17 अगस्त की रात्रि में मां मनसा की पूजा और दर्शन को लेकर भक्तों की भीड़ लगी रही। पूजन के बाद आरती और पुष्पांजलि की गई। इसके बाद लोगों के बीच खीर का प्रसाद बांटा गया। मंगलवार की दोपहर 2 बजे से भी अटूट भंडारा का प्रसाद वितरण गया। रात्रि 8 बजे से भगवती जागरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। 19 अगस्त की दोपहर 2 बजे से पुष्प वर्षो के साथ मां मनसा की प्रतिमा का विसर्जन के लिए विदाई होगी। महासमिति के संस्थापक लेखराज महतो ने बताया कि मां मनसा की पूजा धूमधाम से की जा रही है। बारिश के बावजूद महिलाएं व लोगों ने पूजा व दर्शन की। महोत्सव में समिति के अध्यक्ष बबलू प्रसाद, सचिव नीतीश कुमार दांगी, कोषाध्यक्ष कपिल देव प्रियदर्शी, उपाध्यक्ष आनंद चौधरी, सह कोषाध्यक्ष श्रवण कुमार, सह सचिव अंकित कुमार, कार्यकारी अध्यक्ष टिंकू कुशवाहा, मीडिया प्रभारी सतीश कुशवाहा, राजकुमार,अमित कुमार, सदस्य चंदन कुमार, दिलीप कुमार, बलराम कुमार, अमन कुमार, पंकज कुमार, रंजीत कुशवाहा, नमित कुमार, रवि कुमार, जयप्रकाश मानकी, राजू कुशवाहा, धीरज कुमार, राजकुमार, रंजीत कुमार, शुभम कुमार, उज्ज्वल कुमार, विकास कुमार, आनंद मुंडा, मुन्ना कुमार, अनिल राज, कृष्ण कुमार, राजीव कुमार, राहुल कुमार, देव हर्ष कुमार, संत विलास दांगी, विनोद लाला, सीताफल महतो, शुभम कुमार, राहुल राम, संतोष मुंडा, नागेंद्र महतो, पोकलाल महतो, मक्केश्वर महतो, चितरंजन महतो, अशोक महतो, पूरनलाल महतो, गोविंद महतो वं ऋतिक राम जुटे हुए है। शहर के कोयरी टोला सहित आसपास के गांवों में भी मां मनसा की विधिवत पूजा हुई ।
बीएफसीएल में उत्कृष्ट सुझावों के लिए सम्मान
बिहार फाउंड्री एंड कास्टिंग्स लिमिटेड (बीएफसीएल) रामगढ़ में बिजनेस एक्सीलेंस विभाग की ओर से कर्मचारियों को उत्कृष्ट काइजेन सुझावों व निरंतर सुधार के प्रयासों को सम्मानित करने के उद्देश्य से काइज़ेन गिफ्ट वितरण समारोह का आयोजन किया। यह समारोह एचएएसपी प्रशिक्षण हॉल में किया गया। इसमें विभिन्न बिजनेस यूनिट्स के प्रमुख, विभागाध्यक्ष, काइज़ेन पुरस्कार विजेता व बड़ी संख्या में कर्मचारियों ने भाग लिया। यहां, प्रबंधन ने कर्मचारियों के नवाचार, रचनात्मक सोच व कार्यस्थल पर सतत सुधार की संस्कृति को सराहते हुए कहा कि काइजेन केवल एक सुझाव प्रणाली नहीं, बल्कि संगठन में उत्कृष्टता, गुणवत्ता, सुरक्षा व उत्पादकता को बढ़ावा देने वाला एक प्रभावी माध्यम है। समारोह के दौरान उत्कृष्ट काइज़ेन सुझाव देने वाले कर्मचारियों को उपहार प्रदान कर सम्मानित किया गया। प्रबंधन ने सभी कर्मचारियों से भविष्य में भी अधिक से अधिक काइजेन सुझाव देने और संगठन में निरंतर सुधार, नवाचार एवं टीमवर्क की भावना को और सुदृढ़ करने का आह्वान किया। यह कार्यक्रम कर्मचारियों के योगदान को सम्मानित करने के साथ संगठन में उत्कृष्ट कार्य संस्कृति व निरंतर सुधार की भावना और अधिक सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।
19 से 21 तक विशेष राजस्व शिविर में लंबित मामलों का होगा निपटारा
आम लोगों की सुविधा और लंबित राजस्व मामलों के त्वरित निष्पादन के लिए रामगढ़ जिले के सभी छह अंचलों में 19, 20 और 21 अगस्त 2026को विशेष राजस्व शिविर लगाए जाएंगे। उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी ऋतुराज के आदेश पर आयोजित शिविर गोला, रामगढ़, पतरातू, माण्डू, दुलमी और चितरपुर अंचल कार्यालय परिसर में सुबह 10 बजे से शुरू होंगे। इसका उद्देश्य सेवा गारंटी अधिनियम 2011 का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करना है। 19 अगस्त को 30 और 90 दिनों से अधिक पुराने आपत्तियुक्त और आपत्तिरहित दाखिल-खारिज (म्यूटेशन) मामलों का निष्पादन किया जाएगा। 20 अगस्त को पंजी-II (रजिस्टर-2) में सुधार और ऑनलाइन लगान रसीद अद्यतन का काम होगा। 21 अगस्त को अन्य राजस्व कार्यों के साथ जन-शिकायतों का निपटारा किया जाएगा। उपायुक्त ने निर्देश दिया है कि स्वीकृत दाखिल-खारिज मामलों में जिन रैयतों को अब तक शुद्धि पत्र नहीं मिला है, उन्हें शिविर में ही शुद्धि पत्र उपलब्ध कराया जाए। ऑनलाइन लगान रसीद के लिए अलग प्रज्ञा केंद्र और ऑनलाइन काउंटर की व्यवस्था रहेगी। मामलों में राजस्व दस्तावेजों का सत्यापन होगा। आपत्तियुक्त मामलों में नियमानुसार नोटिस जारी कर सुनवाई की जाएगी। शिविर में पेयजल और बैठने की व्यवस्था का निर्देश दिया गया है।
रक्षा मंत्रालय को प्रस्ताव भेजा, कैंट क्षेत्र में चार मंजिला भवन निर्माण हो सकेगा
देश की आजादी से पहले 1941 में लागू हुए बिल्डिंग बायलॉज के कारण दशकों से ऊंची इमारतों के निर्माण पर लगी रोक अब खत्म होने की उम्मीद है। जी हां, रामगढ़ कैंटोनमेंट बोर्ड के G+1 बिल्डिंग बायलॉज को बदलकर G+4 करने का प्रस्ताव तैयार कर रक्षा मंत्रालय को भेजा गया है। अब मंजूरी और गजट जारी होने के बाद कैंट क्षेत्र में ग्राउंड फ्लोर के ऊपर चार मंजिल तक भवन निर्माण का रास्ता खुल सकता है। इससे करीब 15 हजार मकानों वाले कैंट क्षेत्र में अपार्टमेंट, मॉल और बड़े कॉमर्शियल भवनों के निर्माण को गति मिलने की उम्मीद है। बता दें कि कुछ वर्ष पहले निर्वाचित वार्ड सदस्यों ने बोर्ड की बैठक से बिल्डिंग बायलॉज संशोधन का प्रस्ताव पारित कर रक्षा मंत्रालय को भेजा था। अब संशोधन की प्रक्रिया आगे बढ़ी है। देश के अन्य कैंट क्षेत्रों में भी बिल्डिंग बायलॉज में बदलाव के बाद गजट जारी होने से रामगढ़ में नए नियम की उम्मीद बढ़ी है। 1941 से G+1 तक ही निर्माण की मंजूरी रामगढ़ कैंटोनमेंट बोर्ड की स्थापना 1941 में हुई थी। उसी दौर में लागू भवन निर्माण नियम आज भी मूल रूप में चले आ रहे हैं। उस समय क्षेत्र की आबादी कम थी, जबकि वर्तमान में रामगढ़ की आबादी 1.20 लाख से अधिक हो चुकी है। बढ़ती आबादी और बदलती जरूरतों के बीच G+1 की सीमा को शहर के इंफ्रास्ट्रक्चर विकास में बड़ी बाधा के रूप में देखा जा रहा है। बता दें कि कैंट क्षेत्र के वार्ड 5 में पतरातू बस्ती की सीमा से सटे नगर परिषद क्षेत्र में बहुमंजिला अपार्टमेंट और बड़े भवन दिखाई देते हैं। लेकिन कैंट क्षेत्र में मौजूदा नियमों के कारण ऐसी ऊंची इमारतों के नक्शे को मंजूरी नहीं मिलती। प्रस्तावित G+4 बायलॉज लागू होने पर दोनों क्षेत्रों के बीच निर्माण की ऊंचाई का यह अंतर कम होने की उम्मीद है। कमांड ऑफिस लखनऊ से बिल्डिंग बायलॉज संशोधन का प्रस्ताव मांगा गया था। G+4 का प्रस्ताव तैयार कर भेजा गया है। फिलहाल संशोधन के ड्राफ्ट की प्रक्रिया चल रही है। उम्मीद है कि नया बायलॉज मिलने से रामगढ़ शहर के विकास को गति मिलेगी और बोर्ड के टैक्स में भी बढ़ोतरी होगी। - विवेक सिंह, सीईओ, कैंटोनमेंट बोर्ड रामगढ़
धरमपुर बूथ का मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने किया निरीक्षण
विशेष गहन पुनरीक्षण कार्य की प्रगति और तैयारियों का जायजा लेने के लिए झारखंड के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने मंगलवार को नारायणपुर प्रखंड के धर्मपुर स्थित बूथ संख्या 147 का निरीक्षण किया। उन्होंने बूथ पर चल रहे कार्यों की बारीकी से जानकारी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों व कर्मियों से विभिन्न बिंदुओं पर पूछताछ की। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने मतदाता सूची के पुनरीक्षण से जुड़े कार्यों की जानकारी ली। उन्होंने दस्तावेजों के सत्यापन की स्थिति जानी। उन्होंने गणना प्रपत्रों की स्थिति देखी। उन्होंने मतदाताओं से संबंधित आवश्यक प्रक्रियाओं की जानकारी ली। उन्होंने कर्मियों से अब तक किए गए कार्य की जानकारी प्राप्त की। के. रवि कुमार ने कहा कि निर्वाचन संबंधी कार्य में पारदर्शिता और शुद्धता का विशेष ध्यान रखा जाए। पात्र मतदाताओं का नाम सूची में शामिल करने की प्रक्रिया नियमानुसार पूरी की जाए।
परीक्षाएं रद्द करने का फैसला झारखंड के लाखों छात्र-युवाओं की मेहनत का सम्मान: स्वास्थ्य मंत्री
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कहा, छात्र कई दिनों से अपने हक और भविष्य को लेकर आंदोलन कर रहे थे। छात्रों की पीड़ा और भावनाओं को देखते हुए सरकार ने संवेदनशीलता दिखाई। डॉ. अंसारी ने कहा सरकार ने छात्रों की मांगों को गंभीरता से स्वीकार किया। सरकार ने जेपीएससी -14, बैकलॉग 2023-25, जेएसएससी-सीजीएल और टीडीपीएल से जुड़ी परीक्षाएं रद्द करने का फैसला लिया। सरकार ने 2014 से अब तक हुई नियुक्ति प्रक्रियाओं की जांच कराने का भी निर्णय लिया। उन्होंने कहा, सरकार काल निर्णय बच्चों के भविष्य को प्राथमिकता देना है। डॉ. अंसारी ने कहा, इस मामले में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने युवाओं की आवाज उठाई। उन्होंने आंदोलनरत छात्रों की पीड़ा को देखते हुए राज्य सरकार को पत्र लिखा। झारखंड कांग्रेस के प्रभारी के. राजू ने भी छात्रों की समस्याएं समझीं। समाधान की दिशा में भूमिका निभाई। डॉ. अंसारी ने कहा, वह इस छात्र हितैषी फैसले के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, राहुल गांधी और के. राजू को बधाई देते हैं। आभार जताते हैं। उन्होंने कहा, यह सिर्फ परीक्षाएं रद्द करने का फैसला नहीं है। यह झारखंड के लाखों छात्र-युवाओं की मेहनत का सम्मान है। यह उनके सपनों और भविष्य का सम्मान है। उन्होंने कहा, अब सरकार परीक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार की दिशा में आगे बढ़ेगी। गठित समिति छात्रों, शिक्षाविदों, बुद्धिजीवियों और प्रतिष्ठित संस्थानों के सुझाव लेगी। समिति ऐसी व्यवस्था तैयार करेगी, जिसमें पारदर्शिता हो। निष्पक्षता हो। मेहनत करने वाले हर बच्चे को उसके अधिकार का भरोसा मिले।
तंबो चौक से डीसी ऑफिस तक अतिक्रमण हटाने का फरमान
शहर के अति व्यस्त बायपास मार्ग पर तंबो चौक से समाहरणालय तक सड़क किनारे सरकारी जमीन पर कब्जा जमाए बैठे अतिक्रमणकारियों पर जिला प्रशासन ने शिकंजा कस दिया है। सदर अंचल पदाधिकारी (सीओ) ने नोटिस जारी कर 24 घंटे के भीतर अतिक्रमणकारियों को स्वयं कब्जा हटाने का सख्त निर्देश दिया है। प्रशासन ने साफ चेतावनी दी है कि तय समय-सीमा में अतिक्रमण नहीं हटाने पर बलपूर्वक कार्रवाई की जाएगी और इसका पूरा खर्च भी अतिक्रमणकारियों से ही वसूला जाएगा। अंचल कार्यालय के अनुसार, भू-माफियाओं और दुकानदारों ने 200 से लेकर 1000 वर्गफीट तक सरकारी जमीन अतिक्रमित कर ली है। यहां पक्की ढलाई और टीन शेड लगाकर दुकानें बना ली गई हैं। कुछ लोग खुद व्यवसाय कर रहे हैं, तो कइयों ने इसे किराए पर उठा रखा है। दरअसल, बायपास जैसी व्यस्त सड़क पर इन दुकानों के कारण हर वक्त हादसे की आशंका बनी रहती है। ग्राहक अपनी गाड़ियां सड़क पर ही खड़ी कर देते हैं, जिससे जाम और दुर्घटना का खतरा रहता है। सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ने यह कदम उठाया है। हालांकि, सीओ के सख्त फरमान के बावजूद फिलहाल अतिक्रमणकारियों पर इसका कोई असर नहीं दिख रहा है। अब तक किसी ने भी कब्जा नहीं छोड़ा है, जिससे आने वाले दिनों में प्रशासन की ओर से बड़ी कार्रवाई (बुलडोजर एक्शन) तय मानी जा रही है।
न्याय रथ के माध्यम से जगन्नाथपुर में विधिक जागरूकता और जनसशक्तीकरण कार्यक्रम
झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, रांची के निर्देशानुसार तथा प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पश्चिमी सिंहभूम, चाईबासा मौहम्मद शाकिर एवं सचिव रवि चौधरी के मार्गदर्शन में न्याय रथ के माध्यम से जगन्नाथपुर में विधिक जागरूकता व जनसंपर्क कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान रसेल उच्च विद्यालय +2, जगन्नाथपुर में लगभग 400 विद्यार्थियों को मुख्य एलएडीसी द्वारा महिला सशक्तिकरण, बाल विवाह, मोटर वाहन अधिनियम एवं पीड़ित प्रतिकर जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर जागरूक किया गया। कार्यक्रम में विद्यालय के प्रधानाचार्य, शिक्षक तथा पारा लीगल वॉलंटियर्स (पीएलवी) उपस्थित रहे। इसके बाद न्याय रथ प्रखंड कार्यालय, जगन्नाथपुर पहुंचा। वहां प्रखंड विकास पदाधिकारी ने स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) की भूमिका पर जानकारी दी। उन्होंने मुख्यधारा से दूर रह रहे आदिवासी समुदाय के लोगों के लिए वैकल्पिक आजीविका और आय के स्रोतों के संबंध में भी बताया। इसका उद्देश्य उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त करना था। उन्हें विकास की मुख्यधारा से जोड़ना था।
सर्पदंश के मामलों में झाड़-फूंक अंधविश्वास को लेकर जागरूकता अभियान चलाएगी डीएलएसए
खरसावां प्रखंड के संतारी गांव में जहरीले सांप के डंसने से दो बच्चों की मौत हो गई। परिजनों के अनुसार, सर्पदंश के बाद बच्चों को तत्काल अस्पताल ले जाने के बजाय पहले झाड़-फूंक कराई गई। इस दौरान उपचार में हुई देरी के कारण दोनों की हालत गंभीर होती गई। बाद में परिजन उन्हें सदर अस्पताल, सरायकेला लेकर पहुंचे। वहां चिकित्सकों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद जिला विधिक सेवा प्राधिकार ने मामले को गंभीरता से लेते हुए सर्पदंश को लेकर व्यापक जागरूकता अभियान चलाने का निर्णय लिया है। अभियान के तहत ग्रामीणों को सर्पदंश की स्थिति में झाड़-फूंक और अंधविश्वास के बजाय तत्काल चिकित्सकीय सहायता लेने के लिए जागरूक किया जाएगा। अभियान जिला प्रशासन के समन्वय से मानव-वन्यजीव संघर्ष संबंधी जागरूकता कार्यक्रम के तहत चलाया जाएगा। ग्रामीण और सुदूर क्षेत्रों में लोगों को बताया जाएगा कि सर्पदंश एक गंभीर चिकित्सकीय आपात स्थिति है। पीड़ित को बिना समय गंवाए नजदीकी अस्पताल या स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाना जरूरी है। अभियान में वन विभाग को भी शामिल करने की तैयारी है। इससे ग्रामीणों को सांपों से बचाव, सुरक्षित सर्प पकड़ने, तथा मानव-वन्यजीव संघर्ष की स्थिति में उचित सावधानी की जानकारी दी जा सकेगी। डीएलएसए ने लोगों से सर्पदंश की स्थिति में झाड़-फूंक में समय न गंवाने की अपील की है।
एनएच-320जी चौड़ीकरण : महूदी पंचायत भवन में लगा मुआवजा शिविर
नोवामुंडी नोवामुंडी प्रखंड के महूदी पंचायत भवन में मंगलवार को एनएच-320जी सड़क निर्माण और चौड़ीकरण के लिए मुआवजा भुगतान शिविर लगा। जिला कार्यालय के नोटिस पर नोवामुंडी अंचल के 9 मौजों के हितबद्धधारकों को बुलाया गया। इनमें लोकेसाई, इटर बालजोड़ी, कुटिंगता, टोंटोपोसी, बालीझोर, नोवामुंडी, महूदी, बोकना, बड़ाजामदा शामिल हैं। नोटिस में हितबद्धधारकों को दस्तावेजों की मूल प्रति और छायाप्रति लाने को कहा गया। इसमें शपथ पत्र, इंडेमिनिटी बांड, डिस्क्लेमर, वंशावली, खतियान की छायाप्रति, अद्यतन लगान रसीद, बिक्री केवाला, नामांतरण प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, वोटर कार्ड, बैंक पासबुक शामिल हैं। शिविर में नोवामुंडी अंचल के शिखर हेम्ब्रम पहुंचे। जिले से अमीन सीताराम मुंडा भी मौजूद रहे। शिविर में बताया गया कि हाटगम्हरिया से बोकना हाथी चौक तक एनएच-320जी सड़क निर्माण के लिए जमीन की जरूरत पड़ रही है। निर्माण से पहले बीच सड़क से दोनों किनारों की जमीन वाले मालिकों के दस्तावेज देखे जाएंगे। जमीन का सर्वेक्षण काम पूरा हो चुका है। अधिकारियों ने बताया कि मुआवजे के लिए खातियानी रैयत, जमीन मालिक की मालगुजारी रसीद, जमीन किसके नाम पर है, किनके नाम पर दखल है, किसने कब्जा किया है, इन बिंदुओं की जांच के बाद ही मुआवजे का क्लेम किया जा सकेगा।
फूल तोड़ने पेड़ पर चढ़ा युवक, गिरने से मौत
पालकोट प्रखंड के बिलिंगबिरा पंचायत अंतर्गत डोबाबीरा निवासी 27 वर्षीय अर्जुन बड़ाइक की मंगलवार शाम पेड़ से गिरने के कारण मौत हो गई। घटना रायडीह थाना क्षेत्र के डोबडोबी के समीप हुई। हादसे के बाद परिजन उसे गंभीर हालत में रायडीह सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले गए, जहां प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उसे गुमला सदर अस्पताल रेफर कर दिया। गुमला पहुंचने पर चिकित्सकों ने अर्जुन को मृत घोषित कर दिया। जानकारी के अनुसार अर्जुन मंगलवार को अपने स्वजनों के साथ टांगीनाथ धाम पूजा करने गया था। पूजा करने के बाद वह कार से अपने घर लौट रहा था। इसी दौरान रायडीह डोबडोबी के पास सड़क किनारे एक कुसुम के पेड़ में फूल खिला हुआ देखकर वह उसे तोड़ने के लिए पेड़ पर चढ़ गया। इसी क्रम में अचानक उसका संतुलन बिगड़ गया और वह पेड़ से नीचे गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गया।
हरियाणा में बिल्डिंग का काम करते भरनो के मजदूर की मौत
भरनो प्रखंड के सूपा पंचायत अंतर्गत सुपा मासूटोली गांव निवासी 40 वर्षीय प्रवासी मजदूर धारो उरांव की हरियाणा में निर्माण कार्य के दौरान हुए हादसे में मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही गांव में मातम पसर गया है। वहीं मृतक के परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। जानकारी के अनुसार धारो उरांव इसी माह 5 अगस्त को अपने गांव से मजदूरी करने हरियाणा गया था। हरियाणा में एयरपोर्ट परिसर के अंदर भवन निर्माण का कार्य चल रहा है, जहां वह मजदूरी कर रहा था। बताया गया कि बीते शाम निर्माण कार्य के दौरान अचानक एक निर्माणाधीन पिलर गिर गया। इसी दौरान धारो उरांव उसकी चपेट में आकर मलबे के नीचे दब गया। हादसे में गंभीर रूप से दबने के कारण उसकी मौत हो गई। धारो उरांव के साथ गांव के तीन अन्य युवक भी हरियाणा में मजदूरी करने गए हुए हैं। हादसे के बाद उसके साथ काम कर रहे साथियों ने फोन के माध्यम से घटना की जानकारी उसके परिजनों को दी। सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजन अपने स्तर से शव को गांव लाने की तैयारी में जुट गए हैं। बताया गया कि हरियाणा में शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद उसे गांव लाया जाएगा। धारो उरांव अपने पीछे वृद्ध मां, पत्नी और दो बेटियों को छोड़ गया है। घटना के बाद मंगलवार की सुबह मृतक के परिजन सुपा पंचायत के मुखिया सुशील उरांव के घर पहुंचे और उन्हें पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। परिजन ने मुखिया से शव को हरियाणा से गांव तक लाने सहित अन्य आवश्यक मदद की गुहार लगाई। मुखिया सुशील उरांव ने शोकाकुल परिजनों को ढांढस बंधाते हुए हर संभव सहयोग करने का भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि इस दुख की घड़ी में पंचायत परिवार के साथ खड़ा है और मृतक के शव को गांव लाने तथा परिवार को मिलने वाली सरकारी सहायता दिलाने के लिए आवश्यक पहल की जाएगी। इधर हादसे में प्रवासी मजदूर की मौत की खबर से सुपा मासूटोली सहित आसपास के क्षेत्र में शोक का माहौल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा और सरकारी प्रावधान के तहत मिलने वाली सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है।
एसआईआर-2026: पारदर्शी मतदाता सूची के लिए प्रमंडलीय आयुक्त ने की समीक्षा बैठक
विशेष गहन पुनरीक्षण -2026 के पारदर्शी एवं निष्पक्ष क्रियान्वयन को लेकर प्रमंडलीय आयुक्त (सिंहभूम) रविरंजन कुमार विक्रम की अध्यक्षता में प सिंहभूम समाहरणालय सभागार में मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिला उपायुक्त श्री मनीष कुमार सहित जिले के सभी निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी एवं सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक के दौरान जिले के 05 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों में स्थित कुल 1,387 मतदान केंद्रों पर एसआईआर-2026 के तहत संचालित गतिविधियों की विस्तृत समीक्षा की गई। प्रमंडलीय आयुक्त ने सख्त निर्देश दिए कि पुनरीक्षण प्रक्रिया में कोई भी योग्य मतदाता सूची में शामिल होने से न छूटे और किसी भी अयोग्य व्यक्ति का नाम इसमें दर्ज न हो। उन्होंने अधिकारियों को पारदर्शी व्यवस्था के तहत प्राप्त दावों एवं आपत्तियों का नियमानुसार सत्यापन कर निष्पादन करने के निर्देश दिए।
जेजेएमपी उग्रवादियों की गिरफ्तारी के बाद मददगारों को तलाश रही है पुलिस
झारखंड जन मुक्ति परिषद के पांच लाख के इनामी सब-जोनल कमांडर रामदेव लोहरा काका और उसके तीन सहयोगियों की गिरफ्तारी को पुलिस प्रशासन टर्निंग पॉइंट मान रही है। चूंकि इनकी गिरफ्तारी के बाद गुमला, लातेहार-चतरा और लोहरदगा के सीमावर्ती इलाकों में जेजेएमपी संगठन की कमर पूरी तरह टूट चुकी है। संगठन के इस सफाए के बाद अब पुलिस उनके मददगारों और स्लीपर सेल पर नकेल कसने की तैयारी में है। ऑपरेशन की जानकारी देते हुए एसपी हरिश बिन जमां ने बताया कि जब सुरक्षा बलों की विशेष टीम ने डुमरी थाना क्षेत्र के आकाशी और जयरागी गांवों के जंगलों में उग्रवादियों के गुप्त ठिकाने पर दस्तक दी, तो पुलिस की भनक लगते ही चारों उग्रवादी घने जंगलों का फायदा उठाकर भागने लगे। लेकिन सुरक्षा बलों ने अत्यंत सूझबूझ और रणनीति का परिचय दिया। जिसका नतीजा है कि चारो अब पुलिस के हत्थे चढ़ चुके है। उन्होंने बताया कि गुमला में इनकी योजना संगठन के विस्तार की थी ताकि पुन: आतंक मचा सकें। इन उग्रवादियों की धर पकड़ में टीम को एसडीपीओ श्रुति लीड कर रही थी। जबकि उनके नेतृत्व में पांच थानों के थानेदार को शामिल किया गया था। इसमें डुमरी थानेदार शशि प्रकाश, रायडीह थाना प्रभारी संदीप यादव, घाघरा थाना प्रभारी मोहन सिंह, सिसई थाना प्रभारी नीरज कुमार व जारी थाना प्रभारी सन्नी कुमार सहित पुअनि, सअनि और क्यूआरटी टीम शामिल थी। एसपी ने बताया कि मुख्य उग्रवादी जेल भेजे जा चुके हैं। लेकिन पुलिस का काम अभी खत्म नहीं हुआ है। पुलिस अब इस प्रतिबंधित संगठन के विस्तार की योजनाओं, उनकी भविष्य की गतिविधियों और उनके सफेदपोश मददगारों के बारे में गुप्त सूचनाएं और डेटा एकत्र कर रही है। जल्द ही उग्रवादियों को पनाह देने वालों के खिलाफ भी बड़ी कार्रवाई होगी। कहा कि गिरफ्तारी के बाद जेजेएमपी का इस क्षेत्र से फिलहाल पूरी तरह सफाया हो चुका है। इन्हें पकड़ने में शामिल टीम की उन्होंने प्रशंसा की है। रामदेव लंबे समय से गुमला, लातेहार और लोहरदगा जिलों की पुलिस के लिए एक बड़ा सिरदर्द बना हुआ था। उस पर इन तीनों जिलों के विभिन्न थानों में हत्या, आगजनी, ठेकेदारों से लेवी वसूली और पुलिस टीम पर जानलेवा हमला करने के दर्जनों मामले दर्ज हैं। बताया जा रहा है कि अपराध की दुनिया में उसने वर्ष 2000 में कदम रखा था। उस समय वह पीपुल्स वार ग्रुप से जुड़ा हुआ था। बाद में भाकपा माओवादी संगठन से जुड़ा। फिर जेजेएमपी के लिए काम करने लगा। वह जेजेएमपी के शीर्ष नेता पप्पू लोहरा की टीम में था।
पालकोट रोड में मारपीट करने के आरोपियों को पकड़कर भेजा जेल
शहर के पालकोट रोड स्थित शराब दुकान के समीप हुई मारपीट और हिंसा के मामले में गुमला पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों को मंगलवार को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार जेल भेजे गए आरोपियों में तर्री निवासी संजय कुमार सिंह, अमित सिंह और शास्त्री नगर निवासी संजय किंडो शामिल हैं। यह पूरी घटना बीते सात अगस्त की रात की है, जब पालकोट रोड स्थित शराब दुकान के पास किन्हीं कारणों से दो गुटों के बीच जमकर मारपीट हो गई थी। इस हिंसक झड़प के दौरान शास्त्री नगर निवासी विक्रम यादव के साथ बेरहमी से मारपीट की गई, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद घायल विक्रम की मां सुमित्रा देवी ने गुमला थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई। उनकी शिकायत के आधार पर पुलिस ने मुख्य आरोपी संदीप बाखला और अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी (एफआईआर) दर्ज कर मामले की जांच शुरू की थी। पुलिस अनुसंधान और दबिश के बाद तीनों नामजद आरोपियों को धर दबोचा गया, जिन्हें मंगलवार को अदालत में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया। गौरतलब है कि घटना के दिन दोनों पक्षों के बीच विवाद इतना बढ़ गया था कि दोनों गुटों में जमकर मारपीट हुई थी। इस पूरी झड़प में दूसरे पक्ष से संदीप बाखला भी गंभीर रूप से घायल हो गया था। पुलिस सूत्रों के अनुसार घटना में घायल संदीप बाखला का वर्तमान में रांची के एक अस्पताल में इलाज चल रहा है। पुलिस इस मामले में शामिल अन्य अज्ञात और फरार आरोपियों की पहचान करने तथा उनकी गिरफ्तारी के लिए आगे की छापेमारी कर रही है। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए इलाके में स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
वज्रपात की आशंका, मौसम विभाग ने किसानों को दी सलाह बारिश के दौरान खेतों में जाने से परहेज करें
बंगाल की खाड़ी में लगातार बन रहे एक के बाद एक सर्कुलेशन और डीप डिप्रेशन के प्रभाव से झारखंड में मानसून सक्रिय है। इसका असर संथाल परगना समेत जामताड़ा जिले में भी देखने को मिल रहा है। मौसम विभाग ने जिले में आगामी 21 अगस्त तक बारिश का दौर जारी रहने की संभावना जताई है। वहीं 19 और 20 अगस्त को कई स्थानों पर भारी से भारी बारिश होने के संकेत दिए गए हैं। सोमवार और मंगलवार को हुई बारिश से जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया जिले में 74 एमएम बारिश रिकार्ड दर्ज किया गया। जामताड़ा कृषि विभाग के अनुसार अगस्त महीने में जिले में 302.60 एमएम बारिश का लक्ष्य है जिसमें अब तक 184.96 एमएम बारिश हो चुकी है। मौसम वैज्ञानिक अभिषेक आनंद ने बताया कि अगले कुछ दिनों तक बारिश के बाद तापमान में हल्की बढ़ोतरी हो सकती है। इस दौरान छिटपुट बारिश के साथ वज्रपात की भी संभावना बनी रहेगी। मौसम विभाग ने संथाल परगना के अलावा दक्षिण-पश्चिमी झारखंड के जिलों के लिए भी अलर्ट जारी किया है। बारिश के कारण इन दिनों तापमान में करीब 4 से 5 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट होने की संभावना जताई गई है। मंगलवार को जामताड़ा का अधिकतम तापमान 29 डिग्री और न्यूनतम तापमान 23 डिग्री रहा। जबकि बीते दिनों जामताड़ा का अधिकतम तापमान 35 डिग्री और न्यूनतम तापमान 26 डिग्री था। खेतों में जलजमाव से सब्जियों पर संकट पिछले तीन दिनों से हो रही झमाझम बारिश से खेतों में लगी मकई और सब्जियों पर भी संकट गहराने लगा है। खेतों में जलजमाव और लगातार बारिश के कारण खीरा ,बैंगन, कद्दू, भिंडी करेला समेत अन्य सब्जियों के खराब होने की आशंका बढ़ गई है। खेतों में पानी जमा रहने से तैयार सब्जियों को नुकसान पहुंचने की संभावना है। किसानों को सलाह दी गई है कि वे तैयार सब्जियों को जल्द सुरक्षित करें और खेतों में जमा बारिश के पानी की निकासी की व्यवस्था करें। जलजमाव वाले खेतों से पानी निकालने से सब्जियों की फसल को होने वाले नुकसान को कुछ हद तक कम किया जा सकता है।
जामताड़ा के बालाजी ज्वेलर्स में लूट और गोलीकांड का आरोपी गिरफ्तार
बालाजी ज्वेलर्स में घुसकर दुकान मालिक को गोली मारने और जेवरात लूटने के मामले में जामताड़ा पुलिस ने आरोपी सुमन कुमार यादव को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी को सीजेएम न्यायालय में पेश किया, जहां से न्यायालय ने उसे न्यायिक अभिरक्षा में लेते हुए मंडल कारा, जामताड़ा भेज दिया। आरोपी के खिलाफ जामताड़ा थाना कांड संख्या 137/25 दर्ज है। मामले की प्राथमिकी बालाजी ज्वेलर्स के कारीगर राकेश शाह ने दर्ज कराई थी। प्राथमिकी के अनुसार घटना 24 दिसंबर 2025 की शाम करीब 6 बजे की है। उस समय दुकान के मालिक अमन बर्मन, उनके साले सुमित बर्मन और सुरक्षा प्रहरी प्रेम दास दुकान में मौजूद थे। इसी दौरान दुकान मालिक ने सुरक्षा प्रहरी और अपने साले को नाश्ता लाने के लिए भेज दिया। उनके दुकान से बाहर जाते ही चार अपराधी अचानक अंदर घुस आए और पिस्तौल निकाल ली। हथियार देखते ही अमन बर्मन ने कारीगर राकेश शाह से दुकान का दरवाजा बंद करने को कहा।इसी दौरान एक अपराधी ने अमन बर्मन को दो गोलियां मार दीं। गोली उनके पेट के बाएं हिस्से और गर्दन में लगी, जिससे वह मौके पर गिर पड़े। इसके बाद अपराधियों ने दुकान में रखे सोने के कान के टॉप, बाली, चेन, मंगलसूत्र, हार, अंगूठी समेत अन्य जेवरात लूट लिए और मौके से फरार हो गए।घटना के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। जांच के क्रम में पुलिस ने आरोपी सुमन कुमार यादव को गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद उसे सीजेएम न्यायालय में पेश किया गया, जहां से न्यायालय के आदेश पर उसे न्यायिक अभिरक्षा में मंडल कारा, जामताड़ा भेज दिया गया। पुलिस मामले में अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है।
एमडीएम भुगतान की व्यवस्था बदली, अब वेंडरों के खाते में जाएगी राशि; शिक्षकों के रुपए फंसे
जिले के 1,030 सरकारी स्कूलों में रोजाना बनने वाले मध्याह्न भोजन (एमडीएम) के संचालन और भुगतान की व्यवस्था पूरी तरह बदलने जा रही है। नई गाइडलाइन के तहत कुकिंग कॉस्ट की राशि अब स्कूलों के बजाय सीधे किराना व सब्जी दुकानदारों (वेंडरों) के बैंक खातों में भेजी जाएगी। इस बदलाव से स्कूल प्रभारियों की चिंता बढ़ गई है, क्योंकि लगभग सभी स्कूलों पर किराना व सब्जी दुकानों का भारी बकाया है। विभाग से आवंटन नहीं मिलने पर प्रभारियों ने अपनी जेब से या उधारी पर लाखों रुपए खर्च कर भोजन जारी रखा था। अब व्यवस्था बदलने से उनका पहले से खर्च किया गया पैसा कैसे वापस मिलेगा, इसे लेकर असमंजस बना हुआ है। वर्तमान व्यवस्था में स्कूलों को चावल सरकार से मिलता है, जबकि दाल, आलू, सब्जी, सरसों तेल, मसाले, नमक, सोयाबीन बड़ी, काबुली चना और एलपीजी रीफिलिंग के लिए कुकिंग कॉस्ट की राशि हर तीन माह पर विद्यालय की सरस्वती वाहिनी संचालन समिति के बैंक खाते में भेजी जाती थी। समय पर राशि नहीं आने पर शिक्षक अपने स्तर से व्यवस्था संभालते थे। इस सत्र में नहीं मिला कुकिंग कॉस्ट : जिले में कक्षा 1 से 5 के 25,673 और कक्षा 6 से 8 के 30,010 विद्यार्थी एमडीएम योजना से आच्छादित हैं। कक्षा 1-5 के लिए 6.78 रुपए और कक्षा 6-8 के लिए 10.78 रुपए प्रति छात्र कुकिंग कॉस्ट तय है। इसके अलावा प्रति छात्र हफ्ते में दो दिन अंडा या फल के लिए 6 रुपए दिए जाते हैं। चालू सत्र में अब तक कुकिंग कॉस्ट का आवंटन नहीं मिला है, जबकि अंडा-फल मद में भी केवल 45 दिनों की राशि ही दी गई है। पोर्टल से ट्रेजरी के माध्यम से होगा भुगतान अब तक मध्याह्न भोजन की राशि सरस्वती वाहिनी के बैंक खाते में भेजी जाती थी। नई व्यवस्था के तहत पीएफएमएस पोर्टल से वेंडरों को ट्रेजरी के माध्यम से भुगतान किया जाएगा। सरकार से नई व्यवस्था की गाइडलाइन मिलने के बाद उसके अनुरूप आवश्यक कार्रवाई शुरू की जाएगी। विकेश कुणाल प्रजापति, जिला शिक्षा अधीक्षक (डीएसई) विद्यालयों में खर्च राशि के भुगतान के लिए नियम स्पष्ट करे सरकार : डॉ दिलीप झारखंड राज्य प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष, डॉ. दिलीप कुमार सिंह ने कहा कि नए नियम से पीएफएमएस पोर्टल से वेंडरों को ट्रेजरी के माध्यम से भुगतान होगा। लेकिन विद्यालयों में मध्याह्न भोजन पर खर्च की गई लाखों रुपए की बकाया राशि के भुगतान के लिए भी सरकार को स्पष्ट नियम जारी करना चाहिए।
कृषि प्रधान गुमला जिले में अगस्त महीने की वर्षा खेती-किसानी के लिए एक तरफ वरदान साबित हो रही है, तो दूसरी तरफ निचले इलाकों में जलभराव और फसलों में फंगल बीमारियों का खतरा भी गहराने लगा है। मौसम विज्ञान विभाग और कृषि वैज्ञानिकों के आंकड़ों के मुताबिक, गुमला में अगस्त माह में सामान्यतः 265.7 मिमी बारिश होती है, जिसके मुकाबले इस बार 18 अगस्त तक ही 193.4 मिमी वर्षा दर्ज की जा चुकी है। यह औसत का लगभग 73 प्रतिशत है, जो मॉनसून की भरपाई और इस सीजन की फसलों के विकास के लिए बेहद अहम माना जा रहा है। अगस्त का यह महीना खरीफ फसलों के लिए निर्णायक दौर होता है, जिसके अपने सकारात्मक और नकारात्मक दोनों पहलू सामने आ रहे हैं। धान की फसल को संजीवनी: धान की फसलों में कल्ले निकलने के लिए अगस्त का महीना बेहद संवेदनशील होता है। इस समय पानी की पर्याप्त उपलब्धता मिलने से पौधों में पोषक तत्वों का अवशोषण तेजी से होता है, जिससे पैदावार बेहतर होने की उम्मीद बढ़ जाती है। लगातार हो रही बारिश से मिट्टी की नमी लंबे समय तक बरकरार रहेगी। इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि किसानों को आगामी रबी फसलों (जैसे चना, सरसों और मटर) की अगेती बुआई के लिए जमीन तैयार करने में काफी सहूलियत मिलेगी। गुमला के ऊंचे भू-भागों यानी टांड़ जमीनों पर उगाई जाने वाली मकई, अरहर और उड़द जैसी फसलों को जल तनाव से बड़ी राहत मिली है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में गुमला और आसपास के क्षेत्रों में मध्यम से हल्की बारिश का दौर लगातार जारी रहने की संभावना है। आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहने से तापमान में बहुत अधिक बढ़ोतरी नहीं होगी, जो सामान्यतः फसलों के अनुकूल है। कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सतर्क रहने की सलाह दी है। किसानों से अपील की गई है कि वे अपने खेतों में जलजमाव की स्थिति से निपटने के लिए अतिरिक्त पानी की निकासी का उचित प्रबंध तुरंत करें। इसके अलावा, यूरिया खाद का छिड़काव या कीट-नियंत्रण दवाओं का प्रयोग केवल बारिश रुकने और मौसम साफ होने के बाद ही करें, ताकि दवाइयां पानी के साथ बहकर बेकार न हों और फसलों को सही सुरक्षा मिल सके। जलभराव और जड़ों का सड़ना: जिले के निचले इलाकों (दोन जमीन) में अत्यधिक पानी जमा होने से पौधों की जड़ों तक ऑक्सीजन की पहुंच रुक जाती है, जिसे एनोक्सिक स्थिति कहा जाता है। इसके चलते जड़ें सड़ने लगती हैं और पौधे पीले पड़ने लगते हैं। कीट और फंगल बीमारियों का प्रकोप: लगातार बादलों के छाए रहने और उच्च आर्द्रता ( 85-90% से अधिक) के कारण धान की फसल में झुलसा रोग और शीथ ब्लाइट जैसी फंगल बीमारियां फैलने का खतरा बढ़ गया है। इसके अलावा मक्के की फसल में तना छेदक कीटों का हमला भी देखा जा सकता है। अत्यधिक बारिश के कारण मिट्टी की ऊपरी परत में मौजूद नाइट्रोजन जैसे जरूरी घुलनशील पोषक तत्व पानी के साथ बहकर या रिसकर निचली सतह में चले जाते हैं, जिससे पौधों को पोषण की कमी का सामना करना पड़ सकता है।
झारखंड में प्रतियोगी परीक्षाओं के सिस्टम पर हुआ प्रशासनिक प्रहार देश के भर्ती इतिहास का अब तक का सबसे बड़ा ‘सिंगल-डे एक्शन’ बन गया है। कार्मिक विभाग द्वारा एक ही दिन में 22 परीक्षाएं रद्द करने, 6 को स्थगित रखने और वर्ष 2013 से अब तक की 17 पिछली बहालियों को बैकडेट सीआईडी जांच के दायरे में लाने का फैसला अभूतपूर्व है। देश में इससे पहले मध्य प्रदेश का चर्चित व्यापमं कांड, राजस्थान का REET व एसआई विवाद, उत्तराखंड का यूकेएसएसएससी प्रकरण और उत्तर प्रदेश के सिपाही भर्ती व यूपीटेट पेपर लीक मामले सुर्खियों में रहे हैं। हालांकि, उन सभी राज्यों में या तो एक-दो एकल परीक्षाएं रद्द हुईं या फिर वर्षों चली कानूनी व जांच प्रक्रियाओं के बाद किश्तों में कार्रवाई की गई। झारखंड पहला राज्य बन गया है, जहां सरकार ने गजट नोटिफिकेशन के जरिए एक साथ 21 विज्ञापनों को एक झटके में खारिज कर दिया। दूसरे राज्यों में भी पेपर लीक पर बड़ी कार्रवाई 22 परीक्षाएं रद्द, 17 पुरानी परीक्षाओं में संभावित अनियमितता की सीआईडी जांच और 6 परीक्षाओं का काम अगले आदेश तक स्थगित किया गया है। यानी अलग-अलग स्तर पर 45 परीक्षाएं कार्रवाई के दायरे में हैं। रद्द परीक्षाओं में जेपीएससी की 21 और जेएसएससी की सीजीएल परीक्षा शामिल है। जांच का दायरा करीब डेढ़ दशक पुराने परीक्षा रिकॉर्ड तक पहुंच गया है। उत्तराखंड : 2022 : यूकेएसएसएससी पेपर लीक मामले के बाद 13 विभागों में 5,363 पदों की भर्ती निरस्त की गई और ये पद उत्तराखंड लोक सेवा आयोग को ट्रांसफर किए गए। इस सूची में पुलिस सिपाही, राजस्व उप निरीक्षक/लेखपाल, बंदी रक्षक, वन आरक्षी, अवर अभियंता समेत कई भर्तियां थीं। राजस्थान : 2021-22 : आरईईटी-2021 का लेवल-2 पेपर पेपर लीक मामले के बाद रद्द किया गया। इसके बाद RPSC की वरिष्ठ अध्यापक भर्ती-2022 का सामान्य ज्ञान पेपर भी लीक होने के कारण रद्द कर दोबारा कराने का फैसला हुआ। उत्तर प्रदेश : 2024 : पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा रद्द की गई। इसमें 60,244 पदों के लिए 48 लाख अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए थे। इसी साल आरओ/एआरओ प्रारंभिक परीक्षा भी रद्द हुई, जिसमें 411 पद और 10.76 लाख पंजीकृत अभ्यर्थी थे। दोनों मामलों में दोबारा परीक्षा कराई गई/कराने का फैसला हुआ और एसटीएफ जांच में लगी। हरियाणा : 2021 : ग्राम सचिव की लिखित परीक्षा और पुरुष कांस्टेबल भर्ती परीक्षा पेपर लीक की शिकायतों के बाद रद्द की गईं। ग्राम सचिव परीक्षा करीब 700 पदों के लिए थी, जबकि कांस्टेबल परीक्षा में करीब 10,300 अभ्यर्थी शामिल होने वाले थे। झारखंड का फैसला अलग क्यों दिखता है? 1. एक साथ 22 परीक्षाएं रद्द : झारखंड में कार्रवाई किसी एक भर्ती परीक्षा तक सीमित नहीं रही। जेपीएससी की 21 और जेएसएससी की सीजीएल समेत 22 परीक्षाएं रद्द की गई हैं। इनमें अलग-अलग विभागों और पदों की भर्ती शामिल है। 2. पुराने रिकॉर्ड तक पहुंची जांच : 17 परीक्षाओं की सीआईडी जांच में 2010 से 2022 तक की परीक्षाएं शामिल हैं। सूची में वाणिज्यिक कर, संयुक्त असैनिक सेवा, सिविल जज, फूड सेफ्टी ऑफिसर, संयुक्त असिस्टेंट इंजीनियर और डेंटल डॉक्टर भर्ती जैसी परीक्षाएं हैं। 3. परीक्षा कराने वाली एजेंसी भी जांच के दायरे में : छह परीक्षाओं में प्रारंभिक परीक्षा से जुड़ी एजेंसी के क्रेडेंशियल्स की जांच सीआईडी को दी गई है। जांच पूरी होने तक इन परीक्षाओं का काम स्थगित रहेगा। इसके साथ जेपीएससी-जेएसएससी में इंटरनल मॉनिटरिंग प्रकोष्ठ और परीक्षा सुधार कमेटी बनाने का फैसला लिया गया है।
जेपीएससी- जेएसएससी भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ जयपाल सिंह स्टेडियम में पिछले 25 दिनों से चल रहा छात्रों का आंदोलन मंगलवार को भी जारी रहा। मुख्यमंत्री द्वारा जेएसएससी सीजीएल और टीडीपीएल एजेंसी से आयोजित सभी परीक्षाएं रद्द करने की घोषणा के बावजूद दोनों छात्र मंचों ने आंदोलन खत्म नहीं किया। मूसलाधार बारिश के बीच छात्रों ने कहा कि उनकी प्रमुख मांग सीबीआई जांच अब भी पूरी नहीं हुई है। छात्रों का कहना है कि जब सरकार ने अन्य मांगें मान ली हैं, तो सीबीआई जांच से पीछे क्यों हट रही है। उनका आरोप है कि जांच से परीक्षा में गड़बड़ी की जिम्मेदारी तय हो सकेगी । छात्रों ने स्पष्ट किया कि सीबीआई जांच होने तक आंदोलन जारी रहेगा। पुलिस ने कहा- मांगें पूरी हुईं, मंच खाली करें शाम को ट्रैफिक एसपी राकेश सिंह समेत कोतवाली थानेदार सनोज, सुखदेवनगर के थानेदार सुनील और सदर थाना प्रभारी कुलदीप आंदोलन स्थल पहुंचे। छात्रों से कहा कि उनकी मांग पूरी हो चुकी है, वे मंच खाली करें। छात्रों ने सीबीआई जांच की मांग दोहराई, कहा- आंदोलन जारी रहेगा। देवेंद्र बोले- परीक्षाएं रद्द होना पहली जीत, अब पारदर्शी भर्ती व्यवस्था चाहिए छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि सीजीएल समेत टीडीपीएल की परीक्षाएं रद्द होना आंदोलन की पहली जीत है। अब दूसरे चरण में पेपर लीक, धांधली और पैरवी की गुंजाइश खत्म करने वाली पारदर्शी भर्ती व्यवस्था की मांग होगी। उन्होंने प्रश्नपत्र तैयार करने से वितरण तक हर स्तर के ऑडिट और कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की मांग की। मंच अध्यक्ष ने सीएम का जताया आभार मंच अध्यक्ष रामअवतार महतो ने सीजीएल और टीडीपीएल से संबंधित परीक्षाओं व नियुक्तियों को रद्द करने के फैसले के लिए मुख्यमंत्री का आभार जताया। कहा- यह उम्मीद जगानेवाला फैसला है। सीबीआई के साथ ईडी जांच हो : मोर्चा झारखंड उलगुलान मोर्चा के केंद्रीय अध्यक्ष रवि पीटर ने कहा- टीडीपीएल से हुई नियुक्तियां रद्द करना पर्याप्त नहीं है। भर्ती प्रक्रिया की गड़बड़ियों की सीबीआई और वित्तीय अनियमितता की ईडी से जांच कराएं।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के 11 हजार से अधिक कर्मियों के लिए ईपीएफ का रास्ता साफ होता दिख रहा है। स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई एनएचएम की समीक्षा बैठक में 15 हजार रुपए से अधिक मानदेय पाने वाले कर्मियों को भी ईपीएफ के दायरे में लाने का प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश दिया गया। फिलहाल 15 हजार रुपए से कम मानदेय पाने वाले कर्मियों को ही ईपीएफ का लाभ मिल रहा है। एनएचएम की ओर से बताया गया कि अधिक मानदेय पाने वाले कर्मी वर्तमान व्यवस्था में इससे वंचित हैं। इस पर अपर मुख्य सचिव ने 15 हजार रुपए को बेसलाइन मानते हुए संशोधित प्रस्ताव तैयार करने को कहा। प्रस्ताव लागू होने पर 11 हजार से अधिक कर्मियों को फायदा मिल सकता है। बैठक में अभियान निदेशक शशि प्रकाश झा समेत विभाग और एनएचएम के कई अधिकारी मौजूद थे। 3124.75 करोड़ का बजट मंजूर बैठक में बताया गया कि केंद्र ने झारखंड एनएचएम के लिए 3124.75 करोड़ का बजट स्वीकृत किया है। ममता वाहन की वर्तमान भुगतान दर में संशोधन के लिए भी प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश दिया। खुलेंगे तंबाकू नियंत्रण केंद्र स्वास्थ्य सेवा को प्रखंड तक मजबूत करने के लिए सीएचसी में तंबाकू नियंत्रण केंद्र शुरू करने की तैयारी है। अभी ये मुख्य रूप से जिला अस्पतालों में संचालित हैं। सीएचसी में आंखों की जांच की सुविधा भी शुरू होगी। कुष्ठ रोगियों को विशेष चप्पल राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य, गैर-संचारी रोग और कुष्ठ नियंत्रण कार्यक्रम की भी समीक्षा हुई। कुष्ठ रोगियों को विशेष चप्पल देने और दिव्यांगता प्रबंधन सुविधा को रिम्स से सदर अस्पताल व सीएचसी तक विस्तार देने पर चर्चा हुई।
किसी भी राजनीतिक दल में जिलाध्यक्ष की नियुक्ति काफी सोच-समझकर होती है। लेकिन गोरखपुर जैसे जिले में बसपा ने कुछ ऐसा किया है कि इसका जवाब उसके किसी पदाधिकारी के पास नहीं है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में गोरखपुर ऐसा जिला रहा है, जहां पार्टी ने काफी बेहतर प्रदर्शन किया था। अब यहां जिलाध्यक्ष की तलाश ही पूरी नहीं हो पा रही है। पिछले 7 महीने में पार्टी ने यहां 5 जिलाध्यक्ष बदल दिए हैं। पिछले वाले जिलाध्यक्ष केवल 13 दिनों में हटा दिए गए। बार-बार हो रहे इस परिवर्तन को अंदरूनी राजनीति से भी जोड़कर देखा जा रहा है। 4 अगस्त को जिलाध्यक्ष बनाए गए ऋषि कपूर को हटाकर पार्टी ने 17 अगस्त को जयकार प्रसाद को नया जिलाध्यक्ष बनाया है।आए दिन हो रहा यह परिवर्तन अब बसपा के पदाधिकारियों को भी नहीं सुहा रहा है, कार्यकर्ता तो पहले से कन्फ्यूज हैं। जब तक कार्यकर्ता अपने जिलाध्यक्ष का नाम याद करते हैं, तब तक पार्टी हाईकमान नया लेकर आ जाता है। जिलाध्यक्ष बेहतर करने के दावे करते हैं लेकिन जब अगले दिन सोकर उठते हैं तो कुर्सी बदल गई होती है। मुख्य मंडल कोआर्डिनेटर के बदलने से बदले हालात बसपा सूत्रों की मानें तो मुख्य मंडल कोआर्डिनेटर घनश्याम चंद्र खरवार का क्षेत्र बदलने के बाद ही जिले में बदलाव के कयास लगाए जा रहे थे। पिछले जिलाध्यक्ष ऋषि कपूर उनके करीबी माने जाते हैं। ऋषि कपूर को अब मंडल जोन प्रभारी बनाया गया है। बलिया के मदन राम गोरखपुर के नए मुख्य मंडल कोआर्डिनेटर बनाए गए हैं। उनके साथ आजमगढ़ की डा. इंदू चौधरी को भी जिम्मेदारी दी गई है। पहले जानिए कब क्या हुआ दो बार जिलाध्यक्ष रहे घनश्याम राही को 20 जनवरी 2026 को तीसरा बार बसपा की कमान सौंपी गई थी। लेकिन 7 दिन बाद ही उनकी जिम्मेदारी बदल दी गई। 27 जनवरी को जिले में पहली बार किसी निषाद नेता को जिलाध्यक्ष बनाया गया। शुरू से बसपा से जुड़े हरि प्रकाश निषाद को जब कमान मिली तो वह जिले से लेकर बूथ स्तर तक की कमेटियों को मजबूत करने में जुट गए। लेकिन 12 जून को दोपहर में उन्हें भी बदल दिया गया। उन्हें मंडल स्तर पर ओबीसी भाईचारा समिति को मजबूत बनाने की जिम्मेदारी दे दी गई। इसी दिन पूर्व जिलाध्यक्ष संतोष कुमार जिज्ञासु को एक बार फिर जिम्मेदारी दी गई है। दो महीने के भीतर ही संतोष कुमार जिज्ञासु को मुख्य मंडल कोआर्डिनेटर बना दिया गया और 4 अगस्त को पूर्व जिलाध्यक्ष ऋषि कपूर को दूसरी बार जिलाध्यक्ष की कमान सौंपी गई। लेकिन 17 अगस्त को उन्हें भी हटा दिया गया और जयकार प्रसाद को नई जिम्मेदारी दी गई। अब देखना है कि इनका कार्यकाल कितना लंबा होता है। निष्कासन के बाद पार्टी ज्वाइन करते ही जिलाध्यक्ष बने थे जिज्ञासुसंतोष कुमार जिज्ञासु 2022 के विधानसभा चुनाव के दौरान पार्टी के जिलाध्यक्ष थे। 2023 में नगर निकाय चुनावों के दौरान भी वही जिलाध्यक्ष थे। लेकिन घघसरा नगर पंचायत में पार्टी प्रत्याशी के विरोध में प्रचार करने के आरोप में उन्हें पार्टी से निष्कासित कर दिया गया था। 12 जून 2026 को उन्हें दोबारा पार्टी ज्वाइन कराया गया और उसी दिन उन्हें जिलाध्यक्ष बनाने की घोषणा भी हो गई थी। जानिए क्या कहते हैं विशेषज्ञ वरिष्ठ पत्रकार डीबीबी मिश्र बताते हैं कि किसी भी राजनीतिक दल में इतनी जल्दी-जल्दी जिलाध्यक्ष नहीं बदलते, जितनी जल्दीबाजी बसपा में मची है। पार्टी की सेकेंड लाइन को इसे देखना चाहिए। बार-बार कुछ चेहरों पर ही दांव लगाया जा रहा है। जिलाध्यक्ष, जिले का सबसे बड़ा पद है और इसपर सोच-समझकर तैनाती की जानी चाहिए। 7 महीने में 5 बार जिलाध्यक्ष के पद पर बदलाव अपरिपक्व निर्णय की ओर इशारा करता है। हालांकि पार्टी में बदलाव आए दिन चलता रहा है। लेकिन चुनाव के नजदीक ऐसा करना उचित नहीं है। आमतौर पर दलित वर्ग से ही जिलाध्यक्ष बनता रहा है। संगठन को मजबूत बनाने के लिए जरूरी है कि जिलाध्यक्ष को न्यूनतम 2 साल का कार्यकाल दिया जाना चाहिए। जिलाध्यक्ष बनाए गए नेताओं के बारे में जानिए घनश्याम राहीघनश्याम राही एससी वर्ग से आते हैं। शुरू से बसपा से जुड़े हैं। उन्होंने जोनल कोआर्डिनेटर की भूमिका भी निभायी है। युवावस्था में ही पहली बार जिलाध्यक्ष के रूप में जिम्मेदारी मिली। वह पिपराइच नगर पंचायत से सभासद भी रह चुके हैं। पहली बार 5 साल के लिए जिलाध्यक्ष बने। दूसरी बार पार्टी ने 6 महीने के लिए जिलाध्यक्ष बनाया तो तीसरी बार 7 दिन के लिए जिलाध्यक्ष बने। वह पूरी तरह राजनीति में सक्रिय हैं। वर्तमान में मंडल प्रभारी के रूप में गोरखपुर जिले में काम देखते हैं। हरि प्रकाश निषादहरि प्रकाश निषाद पिपराइच विधानसभा क्षेत्र के रहने वाले हैं। शुरू से बसपा से जुड़े हैं। छात्र राजनीति में भी सक्रिय रहे। पिपराइच क्षेत्र से ही जिला पंचायत सदस्य रहे। उसके बाद बसपा में जोनल कोआर्डिनेटर, चीफ जोनल कोआर्डिनेटर, मुख्य मंडल प्रभारी के रूप में सेवा दे चुके हैं। वह पहले निषाद जिलाध्यक्ष रहे हैं। वर्तमान में पिछड़ा वर्ग भाई चारा समिति की जिम्मेदारी देख रहे हैं। हरि प्रकाश भी मूल रूप से राजनीति करते हैं। संतोष कुमार जिज्ञासु संतोष कुमार जिज्ञासु सहजनवा क्षेत्र के घघसरा नगर पंचायत के निवासी हैं। वह अभी अविवाहित हैं। 2023 में उन्होंने अपनी बहन को सभासद का चुनाव भी जिताया है। इसी चुनाव में अध्यक्ष पद पर बसपा के प्रत्याशी के विरोध में प्रचार करने का आरोप था। प्रत्याशी ने ही इसकी शिकायत की थी, जिसके बाद पार्टी से उन्हें बाहर कर दिया गया था। 12 जून 2026 को दोबारा उनकी वापसी हुई और उसी दिन जिलाध्यक्ष बना दिया गया था। ऋषि कपूर ऋषि कपूर मूल रूप से गोरखपुर के रहने वाले हैं। उन्होंने छात्र राजनीति से अपने राजनीतिक जीवन की शुरूआत की थी। उसके बाद बसपा में शामिल हो गए। बसपा में लगातार बने हुए हैं और 2023 में उन्हें जिलाध्यक्ष बनाया गया। 2024 का लोकसभा चुनाव उनकी ही देखरेख में हुआ। अब उन्हें दूसरी बार जिलाध्यक्ष की जिम्मेदारी 4 अगस्त को दी गई थी लेकिन 13 दिन बाद उनका दायित्व बदल दिया गया। जयकार प्रसादजयकार प्रसाद को नया जिलाध्यक्ष बनाया गया है। इससे पहले वह बांसगांव विधानसभा के अध्यक्ष थे। 39 वर्षीय जयकार के राजनीतिक जीवन की शुरूआत बूथ अध्यक्ष के रूप में हुई थी। वह सेक्टर प्रभारी, विधानसभा प्रभारी, विधानसभा महामंत्री, जिला प्रभारी के पदों पर भी काम कर चुके हैं। मूल रूप से बांसगांव ब्लाक के मड़ई टोला के रहने वाले जयकार प्रसाद 2007 से बसपा में हैं। उनका कहना है कि पार्टी को एक बार फिर सत्ता में लाने के लिए जीतोड़ मेहनत करेंगे।
हरियाणा रोडवेज की बस में एक नशे में धुत्त व्यक्ति के चढ़ने और ड्राइवर की सीट पर बैठने का 31 सेकेंड का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो को करनाल बस स्टैंड का बताया जा रहा है और इसमें दिखाई दे रहे व्यक्ति को रोडवेज का ड्राइवर बताया जा रहा है। दैनिक भास्कर डिजिटल ने वीडियो की सच्चाई जानने के लिए रोडवेज अधिकारियों से बात की तो सामने आया कि वीडियो करनाल के पुराने बस स्टैंड का है, लेकिन इसमें दिख रहा व्यक्ति रोडवेज का कर्मचारी नहीं है। अधिकारियों के अनुसार वीडियो करीब दो सप्ताह पुराना है। 31 सेकेंड के वीडियो में क्या दिखाई दे रहा हैवीडियो में हल्के नीले रंग की चेक कमीज और खाकी पैंट पहने एक व्यक्ति दिखाई देता है। उसके पीठ पर काले रंग का बैग लटका हुआ है। वह नशे की हालत में नजर आ रहा है और हरियाणा रोडवेज की बस में ड्राइवर की सीट तक पहुंचने की कोशिश करता दिखाई देता है। वीडियो के शुरुआती सेकेंड में वह बस में चढ़ने का प्रयास करता है, लेकिन कदम लड़खड़ाने के कारण पीछे आ जाता है। इसके बाद वह खुद को संभालता है और दोबारा बस के दरवाजे को पकड़कर दायां पैर पायदान पर रखता है। वह अंदर जाने की कोशिश करता है, लेकिन फिर नीचे आ जाता है। करीब सातवें सेकेंड में वह तीसरी बार बस में चढ़ने का प्रयास करता है।करीब नौवें सेकेंड में वह बस के अंदर ड्राइवर की सीट पर बैठा दिखाई देता है और उसके हाथ स्टेयरिंग पर नजर आते हैं। इसके बाद 11वें सेकेंड के आसपास काले रंग की टी-शर्ट पहना एक युवक उसे नीचे उतारने की कोशिश करता है। बस के अंदर पीले रंग का सूट पहने एक महिला भी खड़ी दिखाई देती है। चार युवकों ने पकड़कर नीचे उतारावीडियो में इसके बाद एक युवक बस के अंदर और दो युवक बस के बाहर दिखाई देते हैं, जो नशे में धुत्त व्यक्ति को कॉलर से पकड़कर नीचे उतारने का प्रयास करते हैं। कुल चार युवक उसे बस से बाहर निकालने की कोशिश करते नजर आते हैं। व्यक्ति सीट पर इस तरह बैठा रहता है कि वह नीचे उतरने के लिए तैयार नहीं होता। युवक उसे खींचकर बाहर निकालने का प्रयास करते हैं। काफी मशक्कत के बाद वे उसे बस से नीचे उतारने में सफल होते हैं। वीडियो में इसी घटनाक्रम को रिकॉर्ड किया गया है। बाद में यही वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया और इसे रोडवेज के ड्राइवर से जोड़कर पोस्ट किया जाने लगा। जीएम बोले- नशे में बस में चढ़ गया था आम आदमीवीडियो वायरल होने के बाद दैनिक भास्कर डिजिटल ने इसकी पुष्टि के लिए करनाल रोडवेज डिपो के जीएम कुलदीप सिंह से बातचीत की। उन्होंने बताया कि वीडियो करनाल के पुराने बस स्टैंड का है। हालांकि, वीडियो में दिखाई दे रहा व्यक्ति हरियाणा रोडवेज का ड्राइवर या कोई अन्य कर्मचारी नहीं है।कुलदीप सिंह के अनुसार व्यक्ति नशे में था और इसी हालत में वह बस में चढ़ गया था। बस में मौजूद लोगों ने उसे नीचे उतारा। उन्होंने बताया कि वीडियो कब का है और घटना से जुड़ी अन्य जानकारी जुटाने के लिए ट्रैफिक इंचार्ज की ड्यूटी लगाई गई थी। ट्रैफिक इंचार्ज ने बताई वीडियो की पूरी जानकारीरोडवेज के ट्रैफिक इंचार्ज रविशंकर धीमान ने बताया कि यह वीडियो करीब दो सप्ताह पुराना है। उनके अनुसार करनाल डिपो की यह बस मुनक जाती है। बस को खड़ा करने के बाद उसका ड्राइवर और कंडक्टर बस स्टैंड के अंदर चले गए थे। इसी दौरान नशे की हालत में एक व्यक्ति बस के अंदर चढ़ गया।रविशंकर ने स्पष्ट किया कि वह व्यक्ति रोडवेज का कोई स्टाफ सदस्य नहीं था। उन्होंने वीडियो में दिखाई दे रही चाबी को लेकर भी स्थिति स्पष्ट की। उनके अनुसार बस की चाबी ड्राइवर ने वहां नहीं छोड़ी थी। वीडियो में जो चाबी दिखाई दे रही है, वह बस की चाबी नहीं बल्कि किसी बाइक या दूसरे वाहन की चाबी लगती है। उन्होंने कहा कि रोडवेज बस का ड्राइवर बस में चाबी छोड़कर नहीं जाता। सवारियों ने ही शराबी को बस से उताराट्रैफिक इंचार्ज रविशंकर ने बताया कि जब बस में मौजूद सवारियों ने इस व्यक्ति को चढ़े हुए देखा तो उन्होंने उसे नीचे उतारने की कोशिश की। इसी दौरान चार युवकों ने मिलकर उसे बस से बाहर निकाला। इसके बाद बस का ड्राइवर और कंडक्टर भी मौके पर पहुंच गए थे। रविशंकर के मुताबिक घटना का वीडियो अब किसी व्यक्ति ने सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया है। इसके साथ यह गलत जानकारी फैलाई जा रही है कि बस में चढ़ने वाला व्यक्ति रोडवेज का ड्राइवर था। उन्होंने साफ कहा कि वह रोडवेज का ड्राइवर नहीं है और वीडियो को गलत जानकारी के साथ वायरल किया जा रहा है। विभाग ने सोशल मीडिया यूजर्स से की अपीलरोडवेज अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर वायरल किसी भी वीडियो को बिना पुष्टि के सच न मानें। वीडियो को रोडवेज ड्राइवर बताकर आगे शेयर करने से बचें। अधिकारियों का कहना है कि यदि कोई व्यक्ति बार-बार इस वीडियो को रोडवेज ड्राइवर बताकर पोस्ट करता है तो उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी की जा सकती है। अधिकारियों ने कहा कि वायरल वीडियो के कारण लोगों में यह भ्रम पैदा हुआ कि नशे में बस में चढ़ने वाला व्यक्ति रोडवेज का कर्मचारी है, जबकि जांच और अधिकारियों से हुई पुष्टि में यह बात गलत निकली है।
नंदेश्वर महादेव मंदिर में जागरण हुआ
चूरू | धर्म स्तूप के पास स्थित नंदेश्वर महादेव मंदिर में सावन के तीसरे सोमवार की रात को जागरण लगाया गया। नोगा पंडित भजन मंडली के कलाकारों ने भजनों की प्रस्तुतियां दी। आयोजन समिति पदाधिकारियों ने शिवलिंग का बर्फ से शृंगार किया। इस मौके पर सुरेंद्र सिंह, प्रतापसिंह, सुभाष मोट, महावीर प्रसाद, सुरेश सारस्वत, श्रवण उपाध्याय, राजकुमार शर्मा, रमाकांत जांगिड़, लक्ष्मीनारायण शर्मा, भागीरथ पंचारिया, अनीश उपाध्याय, शुभम स्वामी, पवन शर्मा, सांवरमल जांगिड़, राजकुमार जांगिड़ आदि मौजूद रहे।
सालासर से पैदल यात्रा के रूप में सादुलपुर पहुंची जोत, स्वागत किया
मांगला बस स्टैंड के पास नवनिर्मित संकट मोचन बालाजी मंदिर में मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा के तहत मंगलवार को सालासर से पैदल यात्रा के रूप में सादुलपुर पहुंची जोत का शोभायात्रा के साथ स्वागत किया गया। प्रदीप अत्रि ने बताया कि जोत मंगलवार सुबह सादुलपुर पहुंचने पर श्रद्धालुओं ने पुष्प वर्षा कर व भजनों पर नृत्य कर स्वागत किया। अत्रि ने बताया कि मंदिर में 14 अगस्त से निरंतर रूद्र महायज्ञ चल रहा है। बुधवार रात को जागरण लगाया जाएगा तथा गुरुवार सुबह 8.15 बजे शोभायात्रा निकाली जाएगी। सुबह 11.15 बजे मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा होगी तथा शाम 7.15 बजे महाप्रसाद होगा। आयोजन थानमठुई महंत निर्मलनाथ, गोरक्ष टीला ददरेवा महंत कृष्णनाथ, ढंढ़ाल महंत दशहरानाथ, कैरू महंत भजननाथ, संतोषनाथ आश्रम महंत संजयनाथ व संत संपतनाथ ढंढ़ाल के सानिध्य में होंगे।
शिव महापुराण कथा में झांकियां सजाईं
चूरू | प्रतिभा नगर स्थित कुदाल धर्मशाला बद्रीनारायण मंदिर में चल रही शिव महापुराण कथा में वृंदावन के आचार्य ब्रजकिशोर महाराज ने भगवान कार्तिकेय व गणेश से जुड़ा प्रसंग सुनाया। इस दौरान भगवान शिव, माता पार्वती, कार्तिकेय व गणेश की झांकी भी सजाई गई। इस दौरान मेरा भोला, मेरा भोलानाथ आया है, हरि ओम में ओम समाया है भजन पर श्रद्धालु झूमने को मजबूर हो गए।
श्रद्धालुओं ने रूद्राभिषेक कर भोलेनाथ को रिझाया
चूरू | बिसाऊ रोड स्थित माधव पैलेस में सोमवार रात को नागपंचमी रुद्राभिषेक किया गया। समाज सेवी बालकिशन बावलिया परिवार की ओर से हुए कार्यक्रम में श्रद्धालुओं ने जल, दूध, बेल-पत्र, दूब, पुष्प अर्पित कर भगवान शंकर की पूजा कर अभिषेक कर रिझाया। इस दौरान विशेष शृंगार भी किया गया। पं. गुटीराम शर्मा ने पूजा करवाई। इस मौके पर महेन्द्र चौबे, सुरेश सारस्वत, मनीष, कौंतेश शर्मा, पं. तेजपाल शर्मा, शैलेश, सुरेन्द्र बावलिया आदि उपस्थित थे।
आध्यात्मिक सत्संग हुआ, नशामुक्त जीवन का संकल्प लेने का आह्वान
चूरू | संत निरंकारी मिशन जोन-19 ए की ओर से सोमवार रात को आध्यात्मिक सत्संग का आयोजन किया गया। अध्यक्षता करते हुए संत निरंकारी मिशन उपप्रधान दिल्ली महात्मा डॉ. दर्शन सिंह ने आदि, अनादि व सर्वव्यापी परमात्मा का गुणगान किया। उन्होंने कहा कि परमात्मा हर समय हमारे साथ है और संसार में जो कुछ भी हमें मिला है, वह उसी की देन है। ऐसे में जीवन में भक्ति को प्राथमिकता देते हुए समय रहते प्रभु के गुणगान का आनंद लेना चाहिए। जीवन की विभिन्न अवस्थाओं में मनुष्य को परमात्मा का स्मरण करते रहना चाहिए लेकिन अधिकांश समय हम सांसारिक विषयों में व्यतीत कर देते हैं। मन में आज भी अनेक विपरीत भावनाएं और विकार स्थान बनाए हुए हैं, जो हमें सकारात्मक कार्य करने से रोकते हैं। व्यक्ति को धन, पद, संगत और योग्यता सहित अनेक चीजों का अहंकार हो जाता है। सद्गुरु का उद्देश्य केवल बाहरी परिवर्तन नहीं, बल्कि मनुष्य के भीतर वैचारिक परिवर्तन लाना है। उन्होंने संगत से नशे जैसी बुराइयों से दूर रहने और नशामुक्त जीवन का संकल्प लेने का आह्वान किया। सत्संग में चूरू जिले की साध-संगत ने भाग लिया। जोनल इंचार्ज महात्मा शिव भगवान बजाज ने आभार जताया।
कृषि विभाग ने 50 विक्रेताओं को प्रशिक्षण दिया
चूरू | उर्वरक वितरण व्यवस्था में पारदर्शिता लाने और इसके सुचारू संचालन के लिए मंगलवार को परियोजना निदेशक आत्मा सभागार में एफएफएस प्रणाली पर कार्यशाला हुई। इसमें जिले के 50 उर्वरक व आदान विक्रेता शामिल हुए। संयुक्त निदेशक कृषि विस्तार दीपक कपिला ने बताया कि एफएफएस एप से उर्वरक विक्रय व्यवस्था, स्टॉक संधारण और बिक्री की ऑनलाइन निगरानी प्रभावी ढंग से की जा सकेगी। इससे उर्वरकों की उपलब्धता और वितरण व्यवस्था में पूरी पारदर्शिता आएगी। सहायक निदेशक कृषि विस्तार कुलदीप शर्मा ने कहा कि स्टॉक की उपलब्धता और बिक्री संबंधी जानकारी एप पर ऑनलाइन दर्ज करनी होगी। कृषि अधिकारी विपिन भादू ने विक्रेताओं व प्रशिक्षणार्थियों को एप की कार्यप्रणाली की जानकारी दी।
जिला क्रिकेट संघ की साधारण सभा हुई, खिलाड़ियों का सम्मान
भास्कर संवाददाता | चूरू जिला क्रिकेट संघ की वार्षिक साधारण सभा का आयोजन जयपुर रोड स्थित होटल में हुआ। जिला क्रिकेट संघ अध्यक्ष पराक्रम सिंह राठौड़ की अध्यक्षता में हुए कार्यक्रम में मुख्य अतिथि जिला ओलंपिक संघ अध्यक्ष ठाकुरमल शर्मा थे। जिला सचिव सुशील शर्मा ने वर्षभर की गतिविधियों का लेखा-जोखा प्रतिवेदन किया, जिसका सर्वसम्मति से अनुमोदन किया गया। इस दौरान गत वर्ष राजस्थान रणजी ट्रॉफी क्रिकेट प्रतियोगिता व मुस्ताक अली ट्रॉफी के लिए राजस्थान का प्रतिनिधित्व करने वाले खिलाड़ी हेमंत कुमार, अंडर 14 में राजस्थान का प्रतिनिधित्व करने वाले दिव्यांशु धेतरवाल व कॉल्विन शील्ड प्रतियोगिता मे शानदार प्रदर्शन पर कार्तिक पूनिया का प्रतिक चिन्ह देकर सम्मान किया गया। अध्यक्ष राठौड़ ने जिले के खिलाड़ियों के लिए बेहतर सुविधा उपलब्ध करवाने का विश्वास दिलाया। इस मौके पर कोषाध्यक्ष दीनदयाल सारस्वत, उपाध्यक्ष मनोज गढ़वाल, मुरारीलाल शर्मा, दीपक स्वामी, भंवर वीरेंद्र सिंह, अमित शर्मा, वसीम अहमद, हरीश राजदेव, अमित सिंह आदि मौजूद रहे। संचालन संयुक्त सचिव जगदीश शर्मा ने किया।
दुष्कर्म के दो मामलों में आरोपी गिरफ्तार, जेल भेजा
चूरू | महिला थाना पुलिस ने 17 वर्षीय नाबालिग सहित दुष्कर्म के दर्ज दो मामलों में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों को मंगलवार को संबंधित कोर्ट में पेश किया गया, जहां से जेल भेजा गया। एसएचओ कुसुमलता ने बताया कि एक अगस्त को दर्ज नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में आरोपी विकास जाट (21) निवासी कोदेसर, बिसाऊ को गिरफ्तार किया। इसी तरह 25 जून को दर्ज 23 वर्षीय युवती से दुष्कर्म के मामले में नवरतन उर्फ नौरता (23) निवासी ढाणी मुनीमजी, चूरू को गिरफ्तार किया गया। दूसरी तरफ दहेज प्रताड़ना को लेकर विभिन्न धाराओं में दर्ज दो मामलों में दो वर्ष से फरार आरोपी मो. जिलानी काजी (37) निवासी वार्ड 15, उस्मानाबाद कॉलोनी, चूरू व तौफिक उर्फ कौशिक निवासी फतेहपुर को गिरफ्तार किया। आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से तौफिक को जेल भेजा गया।
पूनियां को नई जिम्मेदारी मिलने पर आतिशबाजी की
सादुलपुर | राज्यसभा सांसद डॉ. सतीश पूनिया को राष्ट्रीय महामंत्री व पंजाब प्रभारी की नई जिम्मेदारी मिलने पर मंगलवार को भाजपा कार्यकर्ताओं ने खुशी जाहिर की। डॉ. पूनिया के राजगढ़ स्थित निवास पर कार्यकर्ताओं ने मिठाई वितरित कर आतिशबाजी की। इस मौके पर वेदप्रकाश पूनिया, ओमवती पूनिया, जोगिंद्र झाझड़िया, एडवोकेट वीरेंद्र पूनिया, विमल पूनिया, महावीर पूनिया, कौशल पूनिया, संत कुमार सरावगी, मंडल अध्यक्ष गोपाल शर्मा आदि उपस्थित थे।
बाल संरक्षण एवं कानूनी जागरूकता को लेकर विद्यार्थियों से किया संवाद
भास्कर न्यूज | बालोतरा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से ट्रांसफॉर्मेटिव ट्यूजडेज पहल के अंतर्गत तृतीय मंगलवार को बालोतरा न्यायक्षेत्र के विभिन्न स्कूलों में विधिक साक्षरता व जागरूकता शिविर आयोजित हुआ। जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष एमआर सुथार ने विवेकानंद आदर्श विद्या मंदिर स्कूल माजीवाला में विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए विद्यार्थियों को हर प्रकार के शोषण के खिलाफ आवाज उठाने, स्वयं अपनी सुरक्षा करने, सामाजिक एवं शारीरिक शोषण की पहचान करने, उसका विरोध करने व हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव नुकेश भगोरा ने पीएमश्री राउमावि बायतु में ट्रांसफॉर्मेटिव ट्यूजडेज अभियान के बारे में विस्तार पूर्वक बताया ओर कहा कि इस कार्यक्रम का मुख्य विषय शोषण के खिलाफ आवाज उठाओ, स्वयं अपने रक्षक बनो, अच्छा स्पर्श, बुरा स्पर्श, फर्क समझो, सुरक्षित रहो।
स्कूल में आने वाली खाद्य सामग्री की रिकार्डिंग होगी, 48 घंटे में जांच, डेटा भी ऑनलाइन होगा
भास्कर संवाददाता | झुंझुनूं सरकारी स्कूलों में अब खाद्यान्न और दूध पाउडर की खरीद, भंडारण, वितरण और उपयोग की पूरी प्रक्रिया डिजिटल निगरानी के दायरे में रहेगी। लापरवाही, अनियमितता या भ्रष्टाचार मिलने पर संबंधित जिला शिक्षा अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई होगी। विभाग के अनुसार यदि किसी स्कूल में पाउडर मिल्क की बिक्री, गलत भंडारण, एक्सपायरी सामग्री के उपयोग, खराब दूध या अन्य किसी अनियमितता का मामला सामने आता है तो इसकी सूचना तत्काल जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग को देनी होगी। संबंधित मामले की विस्तृत जांच कर 48 घंटे के भीतर आयुक्तालय को रिपोर्ट भेजना अनिवार्य होगा। यदि जांच में लापरवाही या दोष सिद्ध होता है तो जिम्मेदार अधिकारियों कर्मचारियों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। स्टॉक रखने पर भी रोक : स्कूलों को अनावश्यक रूप से अधिक मात्रा में दूध पाउडर या खाद्यान्न का भंडारण नहीं करने के निर्देश दिए गए हैं। दूध पाउडर का अधिकतम 15 दिन की आवश्यकता के अनुसार ही स्टॉक रखा जाएगा। सामग्री प्राप्त होने के उसी दिन स्टॉक रजिस्टर और ऑनलाइन पोर्टल पर प्रविष्टि करना, वजन का सत्यापन करना, सुरक्षित और स्वच्छ स्थान पर भंडारण सुनिश्चित करना अनिवार्य होगा।
दिल्ली-जैसलमेर रुणिचा एक्सप्रेस 21 से झुंझुनूं होकर चलेगी, 24 सितंबर तक का शेड्यूल तय
दिल्ली से जैसलमेर के बीच चलने वाली ट्रेन दोहरीकरण कार्य के चलते 21 अगस्त से झुंझुनूं सीकर होकर जाएगी। उत्तर पश्चिम रेलवे के सीपीआरओ अमित सुदर्शन के मुताबिक कुंड, पाली व खोरी स्टेशनों के मध्य दोहरीकरण कार्य किया जा रहा है। इसके चलते दिल्ली -जैसलमेर ट्रेन 14087, दिल्ली- जैसलमेर रेल सेवा जो 21 अगस्त से 24 सितंबर तक दिल्ली से रवाना होगी। यह ट्रेन रेवाड़ी-अलवर-जयपुर-फुलेरा के स्थान पर अब रेवाड़ी-महेंद्रगढ़-ल ोहारू-सीकर व रींगस होकर संचालित होगी। रास्ते में यह ट्रेन महेंद्रगढ़, लोहारू, चिड़ावा, झुंझुनूं, नवलगढ़ व सीकर स्टेशनों पर ठहराव करेगी। यह ट्रेन दिल्ली से सुबह 8:55 बजे रवाना होकर झुंझुनूं में दोपहर 12:30 बजे पहुंचेगी। यहां से यह सीकर, रींगस होकर जैसलमेर तक जाएगी। त्योहार पर प्रवासी यात्रियों को मिलेगी सुविधा : शेखावाटी रेल विकास संघर्ष समिति के अध्यक्ष प्रदीप अग्रवाल ने बताया कि समिति दिल्ली से जोधपुर व जैसलमेर के लिए नई रेल सेवा शुरू करवाने के लिए लम्बे समय से प्रयास कर रही थी। वापसी में जैसलमेर से प्रतिदिन शाम 7 बजे रवाना होकर रात्रि 11:40 बजे जोधपुर और अगले दिन प्रातः 8:30 बजे झुंझुनूं और दोपहर लगभग 12 बजे दिल्ली पहुंचेगी। झुंझुनूं | घरेलू एलपीजी कनेक्शन की ई-केवाईसी कराने की समय सीमा बढ़ा दी गई है। अब उपभोक्ता 23 अगस्त तक ई-केवाईसी करा सकेंगे। ई-केवाईसी के लिए तीनों कंपनियों ने मोबाइल ऐप और फेस ऑथेंटिकेशन की सुविधा दी है। इसके लिए आधार से जुड़ा मोबाइल नंबर और स्मार्टफोन की जरूरत पड़ सकती है। जिन उपभोक्ताओं की ई-केवाईसी 16 अगस्त तक नहीं हो पाई है, वे 23 अगस्त तक ई-केवाईसी प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।
कोच पद के लिए दस्तावेज सत्यापन की सूची जारी की
झुंझुनूं | आरपीएससी ने प्राध्यापक एवं कोच (स्कूल शिक्षा) प्रतियोगी परीक्षा-2025 में कोच पद के लिए दस्तावेज सत्यापन एवं खेल अंक निर्धारण की सूची जारी की है। लिखित परीक्षा के न्यूनतम उत्तीर्णांक प्राप्त करने वाले अभ्यर्थियों को खेल प्रमाण पत्रों के आधार पर अंक दिए जाएंगे। अभ्यर्थी 19 से 25 अगस्त तक एसएसओ आईडी से विस्तृत आवेदन भरकर खेल प्रमाण पत्र अपलोड कर सकेंगे।
उत्तर मैट्रिक छात्रवृत्ति के आवेदन 31 अक्टूबर तक
झुंझुनूं | चिकित्सा विभाग ने महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता यानी एएनएम प्रशिक्षण पाठ्यक्रम सत्र 2026-27 में प्रवेश के लिए नोटिफिकेशन मंगलवार को जारी कर दिया। इसमें प्रदेश के राजकीय प्रशिक्षण केंद्रों की 1650 सीटों पर प्रवेश दिया जाएगा। इसके लिए पात्र छात्राएं 24 अगस्त से 7 सितंबर तक संबंधित जिले के सीएमएचओ कार्यालय में आवेदन जमा कराना होगा। दो वर्ष के प्रशिक्षण वाले कोर्स के लिए 20 रुपए आवेदन शुल्क तय किया गया है। जबकि अजा व जजा के विद्यार्थियों को कोई शुल्क नहीं देना होगा। 12वीं के प्राप्तांकों के आधार पर जिलास्तरीय मेरिट व काउंसलिंग के जरिए चयन होगा। शैक्षणिक योग्यता सीनियर सैकण्डरी और आयु सीमा 17 से 34 वर्ष तय की गई है। आरक्षित वर्गों के अलावा आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, विधवा, तलाकशुदा, नि:शक्तजन व विभागीय चतुर्थ श्रेणी महिला कर्मचारियों को विशेष आरक्षण का लाभ मिलेगा। झुंझुनूं | सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा संचालित उत्तर मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना के ऑनलाइन आवेदन 31 अक्टूबर तक लिए जाएंगे। आवेदन विभाग के छात्रवृत्ति पोर्टल तथा एसएसओ के माध्यम से होंगे। एससी, एसटी, अति पिछड़ा वर्ग, आर्थिक पिछड़ा वर्ग, अन्य पिछड़ा वर्ग के पात्र विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति दी जाती है।
दिव्यांग स्कूटी योजना में संशोधन तिथि 31 तक की
नवलगढ़ | 33/11 केवी ग्रिड सब स्टेशन शहरी (रेलवे स्टेशन), देवगांव, मानाणी एवं बसावा की 33 केवी लाइनों के मरम्मत कार्य के चलते बुधवार को 6 बजे से 10 बजे तक सीकर-झुंझुनूं हाईवे, पोदार कॉलेज रोड, स्टेशन रोड, मुख्य बाजार, नागरपुरा रोड, गणेशपुरा, बसावा में बिजली बंद रहेगी। झुंझुनूं | मुख्यमंत्री दिव्यांग स्कूटी योजना में भरे गए आवेदन पत्र में आक्षेप निस्तारण की तिथि बढ़ाई गई है। इससे बढाकर 31 अगस्त किया गया है। विशेष योग्यजन के आयुक्त एवं विशिष्ट शासन सचिव इकबाल खान ने सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के अधिकारियों को 10 सितंबर तक बैठक कर पात्र चयनित आवेदकों की सूची भेजने के निर्देश दिए हैं।
दोरासर के पीर बाबा मेले ऊंट-घोड़ी और ट्रैक्टरों से दिखाए करतब
गांव में स्थित पीर बाबा का वार्षिक मेला सोमवार को भरा। मेले की शुरुआत पंडित पंकज शर्मा ने पीर बाबा की पूजा कर की। पूर्व सरपंच अर्जुन सिंह महला ने बताया कि यह मेला हर साल 17 अगस्त को पीर बाबा खेल मैदान में भरता है। मेले में ऊंट-घोड़ी नृत्य व कुश्ती दंगल का आयोजन किया गया। इसके साथ ही रवि मालसर से ट्रैक्टर से 30 मिनट तक करतब दिखाए। जिसे 1100 रुपए देकर सम्मानित किया गया। मेला देर रात तक चला जिसमें इंडाली, पातूसरी, बड़ागांव, मालसर, अजाड़ी, भड़ौंदा कलां, हासलसर, बिंजुसर आदि गांवों के लोगों ने भाग लिया। ऊंट-घोड़ी नृत्य में धर्मेंद्र छावसरी पहले स्थान पर रहे। उसे 3100 रुपए का इनाम दिया गया।
भामाशाह ने 9 मेधावियों को बांटी 4.50 लाख की छात्रवृत्ति
भास्कर न्यूज | झुंझुनूं राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय चंदवा में एनआरआई भामाशाह हरिराम गढ़वाल की ओर से मेधावी विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति दी गईं। इनमें राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय चंदवा की पूजा गढ़वाल, साक्षी और नीतू कुमारी, राजकीय विद्यालय गांगियासर के तीन तथा राजकीय विद्यालय जटिया बिसाऊ के तीन विद्यार्थी शामिल हैं। नौ विद्यार्थियों को 50-50 हजार रुपए की छात्रवृत्ति दी गई। इस तरह कुल 4.50 लाख रुपए की छात्रवृत्ति प्रदान की गई। गढ़वाल वर्तमान में अमेरिका के सैन फ्रांसिस्को में रहते हैं। विद्यालय के प्राचार्य फारुख अली खान ने बताया कि छात्रवृत्ति के अलावा चंदवा विद्यालय में एक कंप्यूटर, एक प्रिंटर, विद्यार्थियों के लिए टाई-बेल्ट व आईडी कार्ड, परिसर में सीसीटीवी कैमरे की व्यवस्था भी भामाशाह परिवार की ओर से की गई। कार्यक्रम में भामाशाह परिवार की ओर से सुशीला, शारदा, विकास व असमान देवी सहित ग्रामीण एवं जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। इनमें पूर्व सरपंच जगदीश पूनिया, सरपंच सोहनलाल, पूर्व सरपंच सुरेश थकान, रणजीत जाखड़, बजरंग लाल कस्वा, प्यारेलाल जाखड़, बनवारी गढ़वाल, बैजा राम सिहाग व रामवतार कस्वा सहित विद्यालय स्टाफ शामिल रहा।
जिले में दंपती व युवती समेत 4 ने मरणोपरांत देहदान का पत्र सौंपा
झुंझुनूं | जिले के मेडिकल कॉलेज को चार लोगों ने मरणोपरांत देहदान करने का संकल्प पत्र सौंपा। मेडिकल कॉलेज के कार्यवाहक प्रधानाचार्य डॉ. दीपक तंवर ने बताया कि सूरजगढ़ की 29 साल की ममता नायक ने मौत के बाद मेडिकल कॉलेज को खुद की देह रिसर्च के लिए दिए जाने का पत्र दिया है। वहीं मांडासी के दंपती प्रेमलता और शीशराम बूरी ने भी देहदान का प्रपत्र मेडिकल कॉलेज प्रधानाचार्य को सौंपा। इसी तरह ढिगाल के 68 साल के महेंद्र कुमार काजला ने अपनी देह को चिकित्सकीय अध्ययन व शोध कार्य हेतु मेडिकल कॉलेज को सौंपने का संकल्प पत्र दिया है। कार्यवाहक प्रधानाचार्य डॉ. दीपक तंवर ने बताया कि समाज को देह दान के प्रति जागरूकता बढ़ रही है। संकल्प पत्र सौंपने के दौरान डॉ. प्रवीण सैनी, डॉ. राकेश कुमार, डॉ. बाबू लाल यादव, डॉ. परमानंद, डॉ. महेंद्र सानेल, विक्रम सैनी समेत अन्य चिकित्सक व स्टाफ सदस्य मौजूद रहे। झुंझुनूं. कार्यवाहक प्रधानाचार्य को देहदान का संकल्प पत्र सौंपती युवती।
शहर की टूटी सड़कों पर पैचवर्क के नाम पर कुछ ही हिस्सों में डाला डामर, गड्ढे भरे ना मरम्मत की
शहर की क्षतिग्रस्त सड़कों को सुधारने के लिए पैचवर्क अभियान खानापूर्ति बनकर रह गया है। नगर परिषद की प्रशासनिक अनदेखी के चलते शहर की मुख्य सड़कों पर मरम्मत का काम नहीं हो रहा। शहरवासी परेशानी हैं। सड़क पर बने खतरनाक गड्ढों की वजह से आमजन को समस्या हो रही है। शहर की मंडावा रोड, रोड नंबर एक, रोड नंबर दो, चूरू रोड, साथ ही शहर के विभिन्न स्थानों पर टूटी हुई सड़कों के कारण वाहन चालक परेशानी भुगत रहे हैं। मंडावा रोड पर इन गड्ढों के कारण वाहन चालक हादसे का शिकार हो रहे हैं। सामग्री बचाने के चक्कर में ठेका फर्म चुनिंदा हिस्सों में डामर डालकर मरम्मत कर रही है। अधूरे छोड़े गए हिस्सों में बिखरी गिट्टियां राहगीरों और वाहनों के लिए घातक साबित हो रही हैं। मुख्य मार्गों के क्षतिग्रस्त होने से आए दिन जाम की स्थिति बन जाती है। काम की निगरानी के लिए तकनीकी अधिकारियों की टीम लगानी चाहिए। इससे पैचवर्क की गुणवत्ता सुनिश्चित होगी। शहर की टूटी सड़कों की मरम्मत के नाम पर हर साल मनमानी हो रही है। अधूरा पैचवर्क होने से बारिश में सड़कें ज्यादा टूट रही हैं। नगर परिषद मानसून से पहले और बाद में दो बार टेंडर कर मरम्मत करवाती है। तकनीकी अधिकारियों की देखरेख नहीं होने से ठेका फर्म अधूरे काम कर पूरा भुगतान उठा लेती है। शहर की प्रमुख सड़कों, मंडावा रोड, चूरू रोड, रोड नंबर एक, रोड नंबर दो सहित अन्य पर पैचवर्क करवाने से राहत मिलेगी। शहर में अधिकतर सड़कों की मरम्मत नहीं कराई गई। इससे बारिश में इनकी हालत दयनीय हो चुकी है। कुछ ही मीटर में गड्ढे हैं। कई जगह सड़क गायब हो गई है। यही नहीं, सड़क पर बारिश के पानी के साथ बहकर आई रेत व कंक्रीट दोहरी परेशानी बन रही है। वाहन चालक गड्ढों को देख अचानक ब्रेक लगाते हैं। इसके कारण वे फिसलकर चोटिल हो रहे हैं। इतना ही नहीं, ऑटो व अन्य वाहनों से सफर करने वाले शहरवासी टूटी सड़क की वजह से परेशानी झेल रहे हैं। ये हालात नगर परिषद के पैचवर्क के लिए 40 लाख रुपए का टेंडर देने के बाद भी बने हुए हैं।
चातुर्मास . नवकार कॉलोनी में साध्वी विमलप्रभा के सानिध्य में चल रहे हैं प्रवचन
भास्कर न्यूज | बालोतरा शहर के गांधीपुरा स्थित नवकार कॉलोनी में साध्वी विमलप्रभा आदि ठाणा-6 के सान्निध्य में चल रहे चातुर्मास के दौरान मंगलवार को खरतरगच्छ दिवस श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर साध्वी के सान्निध्य में ध्वजारोहण किया गया। इस दौरान जिनशासन की गौरवशाली परंपरा को नमन करते हुए श्रद्धालुओं ने धर्म, तप, त्याग, संयम और साधना के मार्ग पर आगे बढ़ने का संकल्प लिया। ध्वजारोहण के बाद जिनवाणी एवं धार्मिक जयघोष से पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। धर्मसभा में साध्वी भगवंतों ने खरतरगच्छ की ऐतिहासिक एवं आध्यात्मिक परंपरा पर प्रकाश डालते हुए कहा कि जैन धर्म की गौरवमयी परंपराएं केवल इतिहास का हिस्सा नहीं हैं, बल्कि वर्तमान जीवन को भी सही दिशा प्रदान करने वाली प्रेरणास्रोत हैं। खरतरगच्छ की परंपरा में तप, संयम, स्वाध्याय, आत्मचिंतन और जिनशासन के प्रति समर्पण को विशेष महत्व दिया गया है। साध्वी ने कहा कि मनुष्य जीवन को सार्थक बनाने के लिए धर्म को केवल पूजा-पाठ तक सीमित नहीं रखना चाहिए, बल्कि अहिंसा, सत्य, क्षमा, करुणा और संयम को अपने व्यवहार एवं आचरण में उतारना चाहिए। साधु-साध्वियों के त्यागमय जीवन से प्रेरणा लेकर श्रावक-श्राविकाओं को सामायिक, स्वाध्याय, तप एवं धार्मिक आराधना के माध्यम से आत्मकल्याण की दिशा में आगे बढ़ना चाहिए। खरतरगच्छ दिवस पर श्रद्धालुओं ने भगवान की पूजा-अर्चना, सामायिक, स्वाध्याय एवं विभिन्न धार्मिक आराधनाओं में बढ़-चढ़कर सहभागिता की।
भागवत कथा में युवाओं को माता-पिता व राष्ट्र के प्रति कर्तव्य निभाने का संदेश
भास्कर न्यूज | बालोतरा शहर के खेड़ रोड स्थित हनुमान वाडिया में चातुर्मास महोत्सव के तहत आयोजित श्रीमद्भागवत महापुराण कथा के 20वें दिन कथा व्यास कृष्णानंद पुरी महाराज ने सत्कर्म, दान, तप और कर्तव्य के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि सत्कर्म की परंपरा टूटने से समाज में संस्कारों का क्षय होने लगता है। भगवद्गीता में भी यज्ञ, दान और तप को प्रत्येक व्यक्ति के लिए आवश्यक बताया गया है। ये कर्म विवेकी मनुष्य को भी पवित्र करने वाले हैं। कथा व्यास ने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को राष्ट्र के प्रति अपने कर्तव्य का भी ईमानदारी से निर्वहन करना चाहिए। यही प्राणी का धर्म है। उन्होंने कहा कि जीवन में आने वाली विपरीत परिस्थितियों में व्यक्ति को अहंकार छोड़कर क्षमा और विनम्रता का भाव रखना चाहिए। कथा प्रसंग में इंद्र द्वारा विघ्न डालने और बाद में क्षमा मांगने का वर्णन करते हुए उन्होंने कहा कि भगवान की शरण में जाने से मनुष्य के भीतर का अहंकार दूर होता है। उन्होंने आत्मा के स्वरूप पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आत्मा शुद्ध है। वह निर्गुण भी है और सगुण भी। कथा में भिक्षा के नियमों के अनुसार आभूषण त्यागने का प्रसंग सुनाते हुए उन्होंने त्याग और संयम का महत्व बताया। कृष्णानंद पुरी महाराज ने कहा कि जो व्यक्ति गुरु तथा माता-पिता की सेवा करता है, उसके जीवन में सभी प्रकार की संपदाएं आती हैं। माता-पिता और गुरु की सेवा को जीवन का श्रेष्ठ धर्म बताया।
शहर में आज विभिन्न जगहों पर बिजली बंद रहेगी
बारां| शहर में बुधवार को विभिन्न क्षेत्रों में बिजली बंद रहेगी। जिसके कारण कुंजविहार बरडिया फीडर का 3 घंटे शटडाउन रहेगा। अटरू रोड, मठ, नारेडा रोड, बरडिया, भूलभुलैया के आसपास के क्षेत्र की बिजली सुबह 9 से 1 बजे तक बंद रहेगी। वहीं इरिगेशन फीडर का भी 3 घंटे शटडाउन रहेगा। इसके कारण बाबजी नगर, शिव कालोनी, नटराज नगर, नाथ बस्ती, नीलकंठ कालोनी, ऋषि नगर, मनिहारा मंदिर के आस पास का क्षेत्र, आदर्श नगर, आनंद विहार, विद्या कालोनी, नंदगांव, कृष्णा नगर, साई कालोनी, शिवम विहार, मंगलम विहार, शिव बाड़ी, विनायक नगर, कोटा रॉड ओवर ब्रिज के बाद से सिविल लाइन रोड तक की बिजली सुबह 10 से 1 बजे तक बंद रहेगी।
2 हार्डकोर अपराधियों को 2 साल की सजा, 10-10 हजार रुपए का जुर्माना
जिले में हार्डकोर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान में बारां पुलिस की मजबूत अभियोजन और प्रभावी पैरवी से दो आरोपियों को न्यायालय ने 2-2 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। दोनों आरोपियों पर 10-10 हजार रुपए का अर्थदंड भी लगाया गया है। जुर्माना अदा नहीं करने पर 2-2 माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा। एसपी अभिषेक अंदासु ने बताया कि पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर हार्डकोर अपराधियों के खिलाफ दर्ज प्रकरणों को चिन्हित कर केस ऑफिसर और स्पेशल पीपी नियुक्त किए गए थे। इसी के तहत कोतवाली थाने के प्रकरण संख्या 124/2022 में प्रभावी पैरवी की गई। 19 फरवरी 2022 को गायत्री बाई मेलखेड़ी रोड स्थित दृष्टि कोचिंग क्लासेज से निकलने के बाद परिजनों का इंतजार कर रही थी। वह मोबाइल हाथ में लेकर सड़क किनारे खड़ी थी। तभी बाइक पर नकाबपोश दो युवक आए और उसके हाथ से मोबाइल छीनकर फरार हो गए। पुलिस ने मामले में जांच कर साक्ष्यों को जोड़ते हुए आरोप-पत्र न्यायालय में पेश किया। एसपी अंदासु ने बताया कि अभियोजन पक्ष की ओर से 13 गवाहों के बयान करवाए गए। प्रभावी पैरवी के परिणामस्वरूप न्यायालय ने श्रमिक कॉलोनी निवासी अरबाज उर्फ बच्चा पुत्र मोहम्मद इरफान और फरहान उर्फ चिन्ना पुत्र हारून मोहम्मद को दोषी मानते हुए सजा सुनाई गई।
कमरे में सोता रहा परिवार, चोर अलमारी से पांच लाख के गहने और नकदी ले गए
भास्कर न्यूज|बारां सदर थाना क्षेत्र के फतेहपुर गांव में सोमवार देर रात चोरों ने घर में घुसकर करीब 5 लाख रुपए कीमत के सोने-चांदी के गहने और नकदी चोरी कर ली। सबसे हैरान करने वाली बात यह रही कि जिस कमरे में परिवार के सदस्य सो रहे थे, चोर उसी कमरे में रखी गोदरेज अलमारी तक पहुंचे और उसमें रखे गहने निकालकर ले गए। परिवार के सदस्यों को चोरी की भनक तक नहीं लगी। सुबह उठने पर अलमारी से गहने गायब मिले तो वारदात का पता चला। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और घटना को लेकर जांच शुरू की। पुलिस ने अब मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार फतेहपुर गांव में आकाश मेहरा के घर पर सोमवार देररात को अज्ञात चोरों ने घटना को अंजाम दिया है। मौके पर पहुंचने पर पता चला कि घटना से पहले घर का मुख्य गेट खुला हुआ था और उसमें ताला नहीं लग रहा था। इसी का फायदा उठाकर चोर आसानी से घर के अंदर घुस गए। इसके बाद उस कमरे में पहुंचे, जिसमें परिवार सो रहा था। कमरे में रखी गोदरेज अलमारी में गहने और नकदी रखी हुई थी। खास बात यह है कि अलमारी की चाबी भी उसी में लगी हुई थी। चोरों ने बिना ताला तोड़े अलमारी खोली और उसमें रखे गहने निकाल लिए। पूरी वारदात के दौरान कमरे में सो रहे परिवार के लोगों को किसी तरह की आवाज या हलचल महसूस नहीं हुई। पुलिस ने बताया कि पीड़ित आकाश मेहरा ने बताया कि सोमवार देर रात को परिवार कमरे में सो रहा था। इसी दौरान चोर घर में दाखिल हुए। गोदरेज अलमारी में गहने और नकदी रखी थी। सुबह सामान संभालने पर गहने गायब मिले। इसके बाद आसपास तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। पुलिस को सूचना देने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घटना की जानकारी ली। चोर 12 ग्राम की सोने की टोकरी, करीब 3 ग्राम की नथ और करीब 2 ग्राम की नाक की बाली ले गए। 200 ग्राम चांदी के आभूषण, जिसमें दो तोड़ियां, पायल आदि शामिल हैं। अलमारी में रखे 5 हजार भी चोर ले गए। मुख्य गेट का पर ताला नहीं, अलमारी की चाबी भी लगी थी पुलिस के अनुसार वारदात के समय मुख्य गेट पर ताला नहीं लग रहा था और रात में गेट खुला रह गया। दूसरी ओर जिस अलमारी में गहने रखे थे, उसकी चाबी भी उसी में लगी हुई थी। चोरों को न गेट का ताला तोड़ना पड़ा और न अलमारी का। इसी वजह से कम समय में चोरी कर चोर मौके से निकल गए। पुलिस आसपास के क्षेत्र में चोरों के आने-जाने के रास्ते और अन्य सुराग तलाश रही है। ^फतेहपुर में चोरी की सूचना पर मौके पर पहुंचे थे। वहां पर कमरे में रखी अलमारी में से सोने, चांदी व नकदी चोरी हुई है। अलमारी में ही चाबी लगी हुई थी और घर के मुख्यद्वार पर भी कोई ताला नही था। ऐसे में चोर आसानी से घर में घुस गए। पुलिस ने मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। - कल्याण, एएसआई, सदर थाना
विश्व फोटोग्राफी दिवस आज ... धरती की प्यास बुझाने को बूंद-बूंद सहेज रही यह ट्रेंचें
बारां| विश्व फोटोग्राफी दिवस पर बारां के छीपाबड़ौद वन क्षेत्र के दीगोद खालसा की यह तस्वीर सिर्फ हरियाली का खूबसूरत दृश्य नहीं, बल्कि पानी बचाने की एक दूरदर्शी पहल की कहानी भी कहती है। दूर तक फैली हरी धरती के बीच नजर आ रहीं कतारबद्ध ट्रेंच बारिश की बूंदों को सहेजने का काम कर रही हैं। वन विभाग ने यहां बारिश के पानी को तेजी से बहकर निकल जाने से रोकने और उसे जमीन में उतारने के उद्देश्य से ट्रेंच खुदवाई हैं। बारिश होने पर इन ट्रेंच में पानी एकत्र होता है। इसके बाद पानी धीरे-धीरे मिट्टी में रिसता हुआ जमीन के भीतर पहुंचता है। इस ड्रोन शॉट में दिख रही हर ट्रेंच मानो धरती के लिए बनाई गई छोटी-सी जलधारा है, जो बारिश की हर बूंद को सहेजकर भविष्य के लिए संजो रही है। (यह फोटो भास्कर के लिए डीएफओ विवेकानंद मानिकराव बडे ने उपलब्ध करवाया)
सहरोद की 500 एकड़ चरागाह से अतिक्रमण हटाने की मांग, ग्रामीणों ने बारां कलेक्ट्रेट में किया प्रदर्शन
बारां | जिले की अटरू पंचायत समिति की ग्राम पंचायत सहरोद में करीब 500 एकड़ चरागाह भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने की मांग को लेकर मंगलवार को ग्रामीणों ने बारां पहुंचकर कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन कर प्रशासन से कार्रवाई की गुहार लगाई है। ग्रामीणों के मुताबिक खाता संख्या 583 में दर्ज चरागाह भूमि पर गांव के कुछ दबंग लोगों का करीब 20-25 वर्षों से कथित कब्जा बताया जाता है। ग्रामीणों का कहना है कि अतिक्रमण से मवेशियों के लिए चारा-पानी की समस्या हो रही है। किसानों को खेतों तक आने-जाने में दिक्कत हो रही है। आरोप है कि खेतों तक जाने वाले रास्ते भी बाधित कर दिए गए हैं। ग्रामीणों ने बताया कि पहले भी कई बार प्रशासन को ज्ञापन दिए जा चुके हैं, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। इससे अतिक्रमियों के हौसले बढ़े। ग्रामीणों का आरोप है कि चरागाह भूमि पर अतिक्रमण लगातार बढ़ रहा है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से जल्द हस्तक्षेप कर चरागाह भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने के आदेश जारी करने की मांग की है। आवागमन के रास्ते बहाल कराने की मांग भी रखी है।
जन्म के दो घंटे बाद मासूम को छोड़ा, ट्रक चालक ने बचाई जान
बारां| बारां में इंसानियत और ममता को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। कोटा रोड स्थित एसकेजी फैक्ट्री के पास मंगलवार को जन्म के करीब दो घंटे बाद एक नवजात सड़क किनारे लावारिस हालत में मिला। ट्रक चालक की नजर बच्चे पर पड़ी तो उसने तत्काल उसे अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों के मुताबिक नवजात के शरीर पर गंदगी, खून और कुछ जगह चोट-खरोंच के निशान थे। उपचार के बाद बच्चे की हालत स्थिर है। उसका वजन करीब 2.26 किलो बताया गया है और उसे एसएनसीयू में रखा गया है। मासूम के अस्पताल पहुंचने की खबर फैली तो 5 से 7 परिवार उसे अपनाने की इच्छा लेकर पहुंच गए। इनमें एक परिवार ऐसा भी था, जहां करीब 12 साल से बच्चे की किलकारी का इंतजार है। महिला ने भावुक होकर कहा कि एक मां ने बच्चे को छोड़ दिया, जबकि दूसरी मां उसे अपनी गोद में लेने के लिए तड़प रही है। समाजसेवी अंशुल व्यास ने बताया कि कई लोग संरक्षण के लिए आगे आए हैं, लेकिन बच्चे को कानूनी रूप से सौंपने का फैसला बाल कल्याण समिति करेगी। पुलिस अधिकारी पुरुषोत्तम मालव ने बताया कि नवजात को किसने और किन परिस्थितियों में छोड़ा, इसकी जांच की जा रही है।
प्रताप चौक के निकट दुकान में लगी आग, दमकल ने पाया काबू
बारां| शहर के प्रताप चौक के निकट मंगलवार सुबह एक दुकान में आग लग गई। दुकान से धुंआ उठता देख आसपास मौजूद लोगो ने दुकान मालिक व पुलिस को सूचना दी। कंट्रोल रुम से सूचना मिलने के बाद दमकल मौके पर पहुंची और दुकान में लगी आग पर काबू पाया। गनीमत यह रही कि सुबह का समय होने से दुकान में कोई भी मौजूद नही था, जिससे जनहानि नही हुई। साथ ही कुछ देर में ही आग पर काबू पाने से आसपास भी आग नही फैली। जहां घटना हुई उसके आसपास कई दुकानें मौजूद है, जहां पर दिनभर लोगो की आवाजाही बनी रहती है। अग्निशमन प्रभारी रामसिंह मीणा ने बताया कि मंगलवार सुबह प्रताप चौक के निकट रजवाड़ी चाय की दुकान पर आग लगने की सूचना मिली थी। इसके बाद मौके लिए दमकल को तुरंत रवाना किया गया। मौके पर पहुंचने के बाद दमकलकर्मियों ने पानी का छिड़काव शुरू करके अंदर घुसें और दुकान में रखे गैस सिलेंडर को बाहर निकाला। समय पर गैस सिलेंडर बाहर निकालने से बडा हादसा टल गया।
भगवान नेमिनाथ का महामस्तकाभिषेक आज मनाया जाएगा मोक्ष सप्तमी महोत्सव
भास्कर न्यूज| बारां शहर के जैन जोड़ला मंदिर में मंगलवार को भगवान श्री 1008 नेमिनाथ स्वामी का जन्म एवं तप कल्याणक पर्व श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया। विशेष बात यह रही कि नौ वर्ष बाद जैन जोड़ला मंदिर में भगवान नेमिनाथ की प्रतिमा का महामस्तकाभिषेक किया गया। इस ऐतिहासिक आयोजन को लेकर समाजजनों में विशेष उत्साह दिखाई दिया। महामस्तकाभिषेक के दौरान मंदिर परिसर भगवान नेमिनाथ के जयकारों एवं मंगल गीतों से गूंज उठा। सुबह से ही जैन जोड़ला मंदिर में श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। देखते ही देखते मंदिर परिसर श्रद्धालुओं से भर गया। जन्म एवं तप कल्याणक के अवसर पर समाजजनों ने भगवान नेमिनाथ की विधिवत पूजा-अर्चना कर उनके त्याग, तप, वैराग्य एवं अहिंसा के संदेश को स्मरण किया। जैन समाज अध्यक्ष विनोद बड़जात्या ने बताया की जैन धर्म में भगवान नेमिनाथ को वर्तमान अवसर्पिणी काल का 22वां तीर्थंकर माना जाता है। विवाह के अवसर पर पशुओं को बंधा देखकर उनके हृदय में करुणा जागृत हुई और उन्होंने सांसारिक जीवन का त्याग कर संयम एवं तप का मार्ग अपनाया। भगवान के इसी वैराग्य एवं तप की भावना को स्मरण करते हुए जन्म एवं तप कल्याणक पर्व श्रद्धापूर्वक मनाया। आचार्य निर्भय सागर मुनिराज के परम सुयोग्य शिष्य मुनिश्री गुरुदत्त सागर महाराज एवं क्षुल्लक मेरुदत्त सागर महाराज ससंघ के पावन सानिध्य में विभिन्न धार्मिक आयोजन संपन्न हुए। सौधर्म इंद्र, प्रथम शांतिधारा, अभिषेक, चित्र अनावरण, पाद प्रक्षालन सहित भगवान नेमिनाथ का भव्य महामस्तकाभिषेक किया। महामस्तकाभिषेक का पुण्य लाभ वीरेंद्र कुमार का सुरेंद्र कुमार बड़जात्या परिवार ने प्राप्त किया। जबकि शांतिधारा का पुण्य लाभ प्रेमचंद बिलाला एवं समस्त बिलाला परिवार ने अर्जित किया। मंत्री अनिल बड़जात्या ने बताया की अभिषेक के पुण्यार्जक के रूप में वीरेंद्र बड़जात्या, सुरेंद्र बड़जात्या, पंकज बड़जात्या, घीसालाल, पंकज टोंगिया, विनोद, विकास बड़जात्या, संदीप बड़जात्या, अनिल बड़जात्या, हेमंत कासलीवाल, विमलचंद, मनोज नोपड़ा, दिनेश सेठी, वीरेंद्र कासलीवाल, प्रमोद पाटनी, राजकुमार बड़जात्या, दीपक चांदवाड़, निर्मल पहाड़िया, महावीर बड़जात्या, शिखरचंद खड़ीला, ऋषभ खड़ीला, भानु पाटोदी, नरेंद्र जैन एवं बंसतीलाल धनोप्या सहित अनेक श्रद्धालुओं ने पुण्यार्जन किया। प्रवक्ता अमित जैन ने बताया की भगवान के पालना झुलाने का पुण्य लाभ पवन कुमार-निशा एवं श्रेयांश सेठी परिवार ने प्राप्त किया। एक शाम भगवान नेमिनाथ के नाम संगीत संध्या हुई जन्म एवं तप कल्याणक महोत्सव के तहत मंगलवार शाम जैन जोड़ला मंदिर में एक शाम भगवान नेमिनाथ के नाम कार्यक्रम आयोजित किया। मुनिश्री 108 गुरुदत्त सागर महाराज ससंघ के पावन सानिध्य में भव्य नाटिका मंचन एवं भजन संध्या का आयोजन हुआ। नाटिका के माध्यम से भगवान नेमिनाथ के जीवन, वैराग्य और त्याग की प्रेरणादायी गाथा प्रस्तुत की। वहीं भजन संध्या में श्रद्धालु भगवान की भक्ति में भाव-विभोर नजर आए। पूरे मंदिर परिसर में भक्ति, भावना और धर्म प्रभावना का अद्भुत वातावरण बना रहा।जैन जोड़ला मंदिर में बुधवार को भगवान श्री 1008 पारसनाथ स्वामी का मोक्ष कल्याणक पर्व श्रद्धा एवं भक्तिभाव के साथ मनाया जाएगा। इसके लिए मंदिर परिसर में तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं। पर्व को लेकर समाजजनों में विशेष उत्साह है।
अग्रवाल युवक युवती परिचय सम्मेलन 20 दिसंबर को
बारां| श्री अग्रसेन सेवा समिति बारां द्वारा आगामी 20 दिसंबर को आयोजित होने वाले अग्रवाल युवक युवती परिचय सम्मेलन की रूपरेखा के लिए निजी फार्म हाउस पर समिति सदस्यों की सपरिवार गोष्ठी हुई। श्री अग्रसेन सेवा समिति बारां के अध्यक्ष महेंद्र गोयल ने बताया कि समिति द्वारा 20 दिसंबर को श्री नटराज गार्डन बारां में आयोजित होगा। समिति महामंत्री प्रदीप डालमिया ने बताया कि गोष्ठी में पूर्व में आयोजित किए गए परिचय सम्मेलन से भी अत्यधिक आकर्षक बनाने को लेकर चर्चा की। आयोजन में अपनी पूर्ण सहभागिता की शपथ ली और पोस्टर विमोचन किया। गोष्ठी में समिति के जगदीश सिंघल, अशोक डालमिया, संजय ड्रोलिया, सतीश गुप्ता, हेमराज गुप्ता, बृजेश अग्रवाल, विमल बंसल, दिनेश बंसल, हेमराज गोयल, धीरज मित्तल, नवनीत जैन, द्वारकालाल अग्रवाल, अशोक गोयल, पंकज गुप्ता, कमलेश कुमार गोयल, कार्तिक गुप्ता, अनिल बंसल, राधेश्याम गर्ग, राजेंद्र मंगल,सुरेश गोयल आदि उपस्थित रहे।
शाहबाद घाटी संरक्षण संघर्ष समिति ने सौंपा ज्ञापन
बारां| शाहबाद घाटी संरक्षण संघर्ष समिति ने जिले की प्राकृतिक, वन, पर्वतीय विरासत के संरक्षण को लेकर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के सामने मांगें रखीं। मुख्यमंत्री के बारां आगमन पर समिति के संरक्षक एडवोकेट प्रशांत पाटनी ने ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में शाहबाद क्षेत्र के जंगल में प्रस्तावित हाइड्रो पावर प्लांट को अन्यत्र स्थानांतरित करने की मांग की। ज्ञापन में भारतीय वन सर्वेक्षण विभाग की रिपोर्ट के अनुरूप बारां जिले की पर्वत श्रृंखलाओं को अरावली पर्वतमाला के दायरे में शामिल करने की मांग भी रखी। समिति ने कहा कि शाहबाद घाटी बारां की महत्वपूर्ण प्राकृतिक, पारिस्थितिक विरासत है। यहां घने जंगल हैं। समिति ने आशंका जताई कि संवेदनशील वन क्षेत्र में बड़े स्तर की हाइड्रो पावर परियोजना से पर्यावरणीय संतुलन प्रभावित होगा। वन संपदा पर असर पड़ेगा। जैव विविधता को नुकसान होगा। प्रशांत पाटनी ने कहा कि भारतीय वन सर्वेक्षण विभाग की रिपोर्ट में अरावली क्षेत्र के विस्तार, पहचान से जुड़े तथ्य सामने आए हैं। उन्होंने बारां की पर्वतीय, वन संरचनाओं का वैज्ञानिक परीक्षण कराने की मांग रखी। समिति ने कहा कि वह विकास विरोधी नहीं है। समिति ने मुख्यमंत्री से संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश देने की अपेक्षा जताई।
खक बाबा धाम पर रक्तदान शिविर में 115 यूनिट रक्त एकत्र
करणसर| कस्बे के लोकदेवता खक बाबा धाम पर युवा स्व. रोहित कुमार वर्मा की प्रथम पुण्यतिथि पर रक्तदान शिविर हुआ। शिविर में 115 यूनिट रक्तदान किया गया। मुख्य अतिथि भाजपा युवा नेता मनीष तोतला ने शिविर का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि रक्तदान महादान है। दो बूंद रक्त किसी का जीवन बचा सकता है। हर युवा को आगे आना चाहिए। कार्यक्रम की अध्यक्षता शिंभू सिंह मीणा ने की। शिविर में अशोक कुमार वर्मा, धर्मेंद्र कुमार देवत, कैलाश कुमावत, रणवीर सिंह खंगारोत सहित अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।
प्रदेश के शहरी क्षेत्रों को प्लास्टिक कचरा और सिंगल यूज प्लास्टिक से मुक्ति दिलाने के लिए स्वायत्त शासन विभाग (डीएलबी) ने नई डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन व्यवस्था लागू करने की तैयारी कर ली है। राज्य सरकार की बजट घोषणा 2025-26 के तहत प्रदेश के 41 नगरीय निकायों में प्लास्टिक कचरा संग्रहण के लिए 127 विशेष मोबाइल वैन तैनात की जाएंगी। कचरा कलेक्शन के दौरान लोगों को प्लास्टिक वेस्ट देने के बदले में कपड़े और जूट के थैले बांटे जाएंगे, ताकि लोग प्लास्टिक छोड़कर कपड़े के बैग का इस्तेमाल शुरू करें। दूसरे रूट पर गए तो ऑपरेटर के भुगतान में 25-100% कटौती
बीकानेर के आचार्य तुलसी रीजनल रिसर्च कैंसर इंस्टीट्यूट में कैंसर के गंभीर मरीजों के लिए निशुल्क सप्लाई होने वाला इंजेक्शन दिल्ली के ब्लैक मार्केट में बरामद किया गया है। दिल्ली पुलिस की क्राइमं ब्रांच की इंटर स्टेट सेल ने मंगलवार को 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से इंजेक्शन के 22 वायल जब्त किए गए हैं। एक वायल की कीमत एक लाख रुपए या अधिक है। आरएमएससीएल ने बीकानेर में कैंसर के इलाज में काम आने वाला बावेंसियो (एवेलुमैब) 200 एमजी/10 एमएल इंजेक्शन सप्लाई की थी। फिलहाल, दिल्ली पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। इधर, दिल्ली में इंजेक्शन पकड़े जाने के बाद से आरएमएससीएल के अफसरों से लेकर बीकानेर पीबीएम अस्पताल तक डॉक्टरों में हड़कंप मचा हुआ है। दिल्ली के दवा माफिया से 22 वायल बरामद हुए हैं। इनमें से 4 बीकानेर में सप्लाई किए गए थे। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच (इंटर स्टेट सेल) ने आरएमएससीएल के प्रबंध निदेशक पुखराज सैन को कड़ा नोटिस भेजा है। पुलिस ने दस्तावेज मांगे हैं। साथ ही, पूरे मामले में इन्क्वायरी बैठाकर यह पता लगाने को कहा है कि सरकारी सप्लाई का इंजेक्शन कालाबाजारी के रास्ते दिल्ली तक कैसे पहुंचा? यह काफी संवेदनशील मामला है। जांच चल रही है। इसलिए पहले कुछ भी नहीं कहा जा सकता।-रमेश चंद्र लांबा, असिस्टेंट कमिश्नर, दिल्ली क्राइम ब्रांच (इंटर स्टेट सेल) फार्मा कंपनियों का दावा-इन इंजेक्शनों की सिर्फ सरकारी सप्लाई सिंडिकेट का नेटवर्क राजस्थान, दिल्ली से मुंबई तक फैला हुआ है बैच नंबर: AU052510, Mfg: 02/2025 के इंजेक्शन जब्त हुए दिल्ली क्राइम ब्रांच ने नकली व अवैध रूप से डाइवर्ट की गई कैंसर रोधी दवाओं की खरीद-फरोख्त करने वाले एक बड़े संगठित अंतर्राज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ किया था। इस मामले में पुलिस ने धारा 276, 277, 278, 336(3), 318(4), 111(2)(B) और 61(2) बीएनएस के तहत एफआईआर नंबर 181/2026 दर्ज की है। छापेमारी के दौरान पुलिस ने जब भारी मात्रा में बरामद दवाओं की पड़ताल की तो उसमें Bavencio 200mg/10ml (बैच नंबर: AU052510, Mfg: 02/2025, Exp: 01/2028) इंजेक्शन भी मिले। दवा निर्माता कंपनी से पड़ताल में पुष्टि हुई कि यह पूरा बैच सीधे आरएमएससीएल बीकानेर को सरकारी आपूर्ति के लिए भेजा गया था। क्राइम ब्रांच ने RMSCL से पूछे 5 सवाल अंदेशा : सिंडिकेट से सांठगांठ, रिकॉर्ड में हेरा-फेरी कर दवा बाहर बेची गई कैंसर के इस एक इंजेक्शन की कीमत लाखों रुपए होती है। आशंका जताई जा रही है कि सरकारी वेयरहाउस या अस्पताल के रिकॉर्ड में हेराफेरी कर मरीजों के नाम पर फर्जी एंट्री दिखाई गई और असल स्टॉक को ब्लैक मार्केट में भारी मुनाफे पर बेच दिया गया। दिल्ली पुलिस अब बीकानेर से जुड़े इस पूरे सप्लाई नेक्सस की कड़ियां खंगालने में जुट गई है।
बुडलाय से कपिलेश्वर धाम के लिए निकाली कांवड़ यात्रा
अकोदिया| श्रावण मास में क्षेत्र भगवान भोलेनाथ की भक्ति में रंगा हुआ है। इसी क्रम में अखंड हिंदू युवा संगठन के तत्वावधान में ग्राम बुडलाय से सारंगपुर स्थित कपिलेश्वर धाम के लिए भव्य कांवड़ यात्रा निकाली गई। बड़ी संख्या में कांवड़ यात्री इसमें शामिल हुए। श्रद्धालु कांवड़ में पवित्र जल लेकर भगवान शिव के जयघोष करते हुए उत्साह के साथ कपिलेश्वर धाम की ओर रवाना हुए। ढोल-डीजे की धार्मिक धुनों के बीच कांवड़िए हर-हर महादेव के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़े। पूरे मार्ग में भक्ति और उत्साह का माहौल रहा। स्टेट हाईवे-41 स्थित मदन जोड़ पर अखंड हिंदू युवा संगठन के जिला अध्यक्ष हेमंत मेवाड़ा के नेतृत्व में कांवड़ यात्रा का स्वागत किया गया। इस दौरान अमर सिंह मेवाड़ा एवं रोशन मेवाड़ा ने कांवड़ में लाए गए पवित्र जल और कलश का विधिवत पूजन-अर्चन किया। स्वागत कार्यक्रम में भादर सिंह मेवाड़ा (सरपंच खरसोद), केदार मंडलोई, शिव सिसोदिया, धर्म सिंह परमार, शिव परमार, कमल सिसोदिया, आनंद मेवाड़ा एवं रामबाबू परमार सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।

