प्रयागराज में संयुक्त प्रतियोगी छात्र हुंकार मंच के एक प्रतिनिधिमंडल ने रविवार को उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) के दो उपसचिवों से मुलाकात की। इस दौरान छात्रों ने विभिन्न लंबित मांगों और प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़ी समस्याओं पर विस्तृत चर्चा की, साथ ही शीघ्र समाधान की मांग उठाई। छात्रों ने प्रतियोगी परीक्षाओं की तिथियों में टकराव का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। उन्होंने बताया कि 13 जून को एलटी मुख्य परीक्षा, 14 जून को जीआईसी प्रारंभिक परीक्षा और 31 मई को जीडीसी परीक्षा व बीएड प्रवेश परीक्षा एक ही दिन निर्धारित हैं। इससे हजारों अभ्यर्थियों को परेशानी हो रही है। छात्रों ने मांग की कि सभी परीक्षाओं के बीच 2 से 5 दिनों का अंतर रखा जाए। प्रतिनिधिमंडल ने समीक्षा अधिकारी एवं सहायक समीक्षा अधिकारी (RO/ARO) भर्ती प्रक्रिया पर न्यायालय द्वारा लगाए गए स्थगन (स्टे) पर चिंता व्यक्त की। छात्रों ने आयोग से न्यायालय में प्रभावी पैरवी करने और सक्षम अधिवक्ताओं के माध्यम से मजबूत पक्ष रखने की मांग की, ताकि AE/AG सहित अन्य लंबित भर्तियों का जल्द निस्तारण हो सके। इसके अतिरिक्त, पीसीएस और आरओ/एआरओ के लगभग 45 चयनित अभ्यर्थियों की लंबित प्रोविजनल एवं दस्तावेज सत्यापन प्रक्रिया का मुद्दा भी उठाया गया। छात्रों ने बताया कि सभी दस्तावेज जमा होने के बावजूद प्रक्रिया पूरी न होने से चयनित अभ्यर्थी तनाव में हैं। वार्ता में पीसीएस, बीईओ, आरओ/एआरओ सहित वर्ष 2026 की नई भर्तियों के विज्ञापन जारी करने में हो रही देरी पर भी चर्चा हुई। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि भर्ती कैलेंडर जारी न होने से लाखों अभ्यर्थियों का भविष्य प्रभावित हो रहा है, जिससे कई छात्र आयु सीमा और आर्थिक कारणों से अवसर खो सकते हैं।
विकास भवन सभागार में मुख्य विकास अधिकारी नूपुर गोयक की अध्यक्षता में एक बैठक आयोजित की गई। इसमें सर्राफा एसोसिएशन और बुलियन व्यापारियों ने भाग लिया। बैठक का मुख्य उद्देश्य वर्तमान अंतर्राष्ट्रीय परिस्थितियों के मद्देनजर प्रधानमंत्री की अपील के अनुपालन में देश की अर्थव्यवस्था को गति प्रदान करना था। मुख्य विकास अधिकारी ने प्रधानमंत्री द्वारा की गई अपील के सात प्रमुख बिंदुओं का उल्लेख किया। इनमें जहां संभव हो 'वर्क फ्रॉम होम' को प्राथमिकता देना, पेट्रोल और डीजल का उपयोग कम करना, मेट्रो तथा सार्वजनिक वाहनों का अधिक प्रयोग करना शामिल था। इसके अतिरिक्त, खाद्य तेलों का उपभोग कम करने, रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता घटाकर प्राकृतिक खेती की ओर बढ़ने, विदेशी ब्रांड के उत्पादों का न्यूनतम उपयोग कर स्वदेशी अपनाने, एक वर्ष तक विदेश यात्रा से दूर रहने और एक वर्ष तक सोना न खरीदने की अपील की गई। 'सोना न खरीदने' के संप्रत्यय को स्पष्ट करते हुए मुख्य विकास अधिकारी ने बताया कि इसका तात्पर्य सोने की ज्वैलरी से नहीं, बल्कि गोल्ड बुलियन यानी सोने की ईंट और सोने के बिस्कुट से है। बैठक के दौरान व्यापारियों को विदेशी मुद्रा पर आए वैश्विक दबाव के विषय में विस्तार से समझाया गया। उनसे अपेक्षा की गई कि वे देशहित में स्वेच्छा से सोने-चांदी की बुलियन (ईंट/बिस्कुट) की खरीद-बिक्री को हतोत्साहित करेंगे। बैठक का मुख्य उद्देश्य देश की अर्थव्यवस्था को गति देना, विदेशी मुद्रा भंडार पर दबाव कम करना और सोने के आयात को नियंत्रित करना बताया गया। इस संबंध में सर्राफा व्यापारी एसोसिएशन और स्थानीय व्यापारियों ने अपनी पूर्ण सहमति व्यक्त की। उन्होंने आश्वासन दिया कि पश्चिम एशिया में युद्ध के कारण उत्पन्न वैश्विक परिस्थितियों को देखते हुए वे अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए सरकार का हर संभव सहयोग करेंगे। सर्राफा एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री विजय आनंद अग्रवाल और श्री संजय प्रकाश ने सर्राफा व्यापार में आ रही कुछ परेशानियां बताईं और उन्हें शासन तक पहुंचाने का अनुरोध किया। मुख्य विकास अधिकारी ने व्यापारियों को आश्वस्त किया कि सर्राफा व्यवसाय में आ रही परेशानियों के निराकरण, सुचारु संचालन और व्यापार बढ़ाने के लिए सर्राफा मार्केट में मूलभूत सुविधाओं, सुरक्षा व्यवस्था और वांछित प्रशासनिक सहयोग को प्राथमिकता दी जाएगी।
कानपुर के पनकी थाना पुलिस ने वाहन चोरी की घटनाओं का खुलासा करते हुए सोमवार को दो शातिर वाहन चोरों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी की 10 मोटरसाइकिलें और 11 हजार रुपये नकद बरामद किए हैं। दोनों आरोपी लंबे समय से कानपुर और आसपास के जिलों में बाइक चोरी की वारदातों को अंजाम दे रहे थे। वाहन चेकिंग के दौरान मिली सफलता पनकी पुलिस सोमवार को क्षेत्र में वाहन चेकिंग अभियान चला रही थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि दो संदिग्ध युवक चोरी की बाइक के साथ कपली अंडरपास तिराहे के पास मौजूद हैं। सूचना पर पुलिस ने घेराबंदी कर दोनों को पकड़ लिया। पूछताछ में आरोपियों ने अपनी पहचान धर्मेंद्र कुमार गौतम निवासी बिल्हौर और नूर आलम निवासी पनकी कटरा के रूप में बताई। घने जंगलों में छिपाकर रखते थे चोरी की बाइक तलाशी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी की 10 मोटरसाइकिलें बरामद कीं। साथ ही 11 हजार रुपये नकद भी मिले। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वह कानपुर नगर और आसपास के जिलों से बाइक चोरी कर कपली क्षेत्र के पास घने जंगलों में छिपाकर रखते थे। बाद में इन्हें सस्ते दामों में बेचने की तैयारी करते थे। कई थानों में दर्ज हैं मुकदमे पुलिस जांच में सामने आया कि दोनों आरोपी शातिर किस्म के अपराधी हैं। इनके खिलाफ शहर के अलग-अलग थानों में चोरी, लूट और अन्य मामलों के मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस अब इनके गैंग से जुड़े अन्य साथियों की तलाश कर रही है। डीसीपी वेस्ट बोले- अन्य साथियों की तलाश जारी एस एम कासिम आबिदी ने बताया कि पनकी पुलिस ने वाहन चेकिंग के दौरान दोनों आरोपियों को पकड़ा। इनके पास से 10 चोरी की बाइक बरामद हुई हैं। आरोपी चोरी की बाइक बेचकर अपने शौक पूरे करते थे। फिलहाल दोनों से गहन पूछताछ की जा रही है और गैंग के अन्य सदस्यों की जानकारी जुटाई जा रही है।
कौशांबी में कक्षा 9 की एक छात्रा ने संदिग्ध परिस्थितियों में अपने घर के भीतर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। यह घटना कोखराज थाना क्षेत्र के अश्वां गांव में सोमवार दोपहर लगभग 2 बजे हुई। छात्रा का शव दुपट्टे से लटका मिला, जब उसके माता-पिता घर पर नहीं थे। जब छात्रा की मां घर लौटीं, तो उन्होंने अपनी बेटी को फंदे से लटका देखा। सूचना मिलने पर कोखराज पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने खिड़की तोड़कर शव को बाहर निकाला। शव को पंचनामा के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मृतक छात्रा की पहचान रुचि (15) के रूप में हुई है, जो फूलचंद प्रजापति की पुत्री थी। फूलचंद एक भट्ठा मजदूर हैं और घटना के समय वह अपनी पत्नी के साथ घर पर मौजूद नहीं थे। रुचि कक्षा 9 की छात्रा थी और हाल ही में दसवीं कक्षा में गई थी। कोखराज थाना प्रभारी सीबी मौर्य ने बताया कि परिजनों के अनुसार, रुचि पढ़ाई में कमजोर थी। परिजनों का मानना है कि इसी कारण उसने यह कदम उठाया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और आत्महत्या के अन्य कारणों का भी पता लगाया जा रहा है।
ग्रीष्मावकाश पर यात्रियों के लिए स्पेशल ट्रेन:भावनगर टर्मिनस-शकूरबस्ती साप्ताहिक रेलसेवा का संचालन
रेलवे ने ग्रीष्मावकाश में यात्रियों की सुविधा के लिए भावनगर टर्मिनस-शकूरबस्ती-भावनगर टर्मिनस साप्ताहिक स्पेशल रेलसेवा चलाने का निर्णय लिया है। उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जन संपर्क अधिकारी अमित सुदर्शन के अनुसार, गाड़ी संख्या 09257, भावनगर टर्मिनस-शकूरबस्ती साप्ताहिक स्पेशल रेलसेवा 29 मई 2026 से 26 जून 2026 तक (कुल 05 ट्रिप) संचालित होगी। यह ट्रेन भावनगर टर्मिनस से प्रत्येक शुक्रवार को दोपहर 02:20 बजे रवाना होकर अगले दिन सुबह 10:55 बजे शकूरबस्ती पहुंचेगी। इसी प्रकार, गाड़ी संख्या 09258, शकूरबस्ती-भावनगर टर्मिनस साप्ताहिक स्पेशल रेलसेवा 30 मई 2026 से 27 जून 2026 तक (कुल 05 ट्रिप) चलेगी। यह ट्रेन शकूरबस्ती से प्रत्येक शनिवार को दोपहर 01:15 बजे रवाना होकर अगले दिन सुबह 08:50 बजे भावनगर टर्मिनस पहुंचेगी। यह रेलसेवा मार्ग में भावनगर परा, सिहोर गुजरात, धोला, बोटाड, धंधुका, धोलका, सरखेज, गांधीग्राम, चांडखेडा रोड, महेसाना, पालनपुर, आबूरोड, फालना, मारवाड़ जंक्शन, अजमेर, किशनगढ़, फुलेरा, रींगस, नीमकाथाना, नारनौल, रेवाड़ी, गुड़गांव और दिल्ली कैंट स्टेशनों पर ठहराव करेगी। इस रेलसेवा में कुल 22 डिब्बे होंगे, जिनमें 02 सेकंड एसी, 04 थर्ड एसी, 03 थर्ड एसी इकोनॉमी, 07 द्वितीय शयनयान, 04 साधारण श्रेणी, 01 पावरकार और 01 गार्ड डिब्बे शामिल हैं।
मेरठ बार एसोसिएशन और डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन ने लखनऊ में अधिवक्ताओं पर हुए लाठीचार्ज और चैंबर तोड़े जाने के विरोध में सोमवार को न्यायालयों में कार्य बहिष्कार का निर्णय लिया है। यह निर्णय एक संयुक्त आपात बैठक में लिया गया। वें हड़ताल पर रहे, और इस संबंध में प्रशासनिक अधिकारी को ज्ञापन भी दिया। इस बैठक की अध्यक्षता मेरठ बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अनुज कुमार शर्मा और डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रविन्द्र कुमार सिंह ने की। बैठक का संचालन मेरठ बार एसोसिएशन के महामंत्री परवेज आलम और डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के महामंत्री प्रशांत गुप्ता ने किया। लखनऊ में 17 मई को अधिवक्ताओं के चैंबर बुलडोजर से तोड़े गए थे। इस दौरान पुलिस प्रशासन द्वारा बलपूर्वक लाठीचार्ज भी किया गया, जिसमें कई अधिवक्ता गंभीर रूप से घायल हो गए और उनका उपचार जारी है। इसके अतिरिक्त, सदर बाजार स्थित वैरायटी सेंटर के मालिक शिवम अग्रवाल द्वारा 26 मार्च, 2026 को अधिवक्ता आशुतोष शर्मा की बाइक खड़ी करने पर गाली-गलौज और जान से मारने की नीयत से हमला किया गया था। इस मामले में अभियुक्त की गिरफ्तारी के लिए धारा 82 की कार्यवाही पूरी होने के बावजूद अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है। इन दोनों घटनाओं के विरोध में मेरठ और जिला बार एसोसिएशन के अधिवक्ताओं ने संयुक्त रूप से प्रदर्शन किया।
इंदौर के जूनी इंदौर थाना क्षेत्र की नंदनवन कॉलोनी में एक दर्दनाक हादसा हो गया। यहां चार साल की मासूम बच्ची की मौत हो गई। वह अपने दादा-दादी और अन्य बच्चों के साथ कार से वर्कशॉप गई थी। वहां से लौटते समय वह कार में ही सो गई थी। घर पहुंचने पर सभी लोग कार से उतर गए, लेकिन बच्ची कार में ही सोती रह गई। काफी देर तक नजर नहीं आने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। बाद में वह कार में बेसुध हालत में मिली। परिजन उसे निजी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर पुलिस ने मर्ग कायम कर सोमवार को बच्ची का पोस्टमॉर्टम कराया। प्रारंभिक तौर पर दम घुटने से मौत की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, मौत के सही कारणों का खुलासा पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। मामले में जूनी इंदौर टीआई अनिल गुप्ता ने बताया कि घटना रविवार दोपहर को नंदवन कॉलोनी में हुई। यहां रहने वाले हसन नूर की चार साल के बेटी हाजरा की मौत हो गई। उन्होंने बताया कि प्राइवेट अस्पताल से सूचना मिली थी। चार साल की बच्ची हाजरा कार में सो गई थी। 12 बजे के करीब बच्ची कार में सो गई थी, जब 3 बजे उसे देखा तो बच्ची बेहोश जैसी हालत में मिली, जिसके बाद उसे अस्पताल लेकर पहुंचे थे। जहां डॉक्टरों ने उसकी मौत की पुष्टि कर दी थी। मामले में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी गई है। हालांकि परिवार के लोगों के बयान नहीं हो सके है। जो भी लापरवाही सामने आएगी, उसके आधार पर कार्रवाई की जाएगी। दूसरे बच्चों के साथ वर्कशॉप पर गए थी मामले में परिवार के परिचित ने बताया कि रविवार को बच्ची दादा-दादी और दूसरे दो तीन बच्चों के साथ कार में वर्कशॉप गए थे। वहां से लौटने पर सभी कार से उतर गए थे, मगर हाजरा कार में ही सो गई थी। हाजरा की आदत थी की वह कहीं भी सो जाती थी। कार से उतरने के दौरान किसी का ध्यान नहीं गया कि वह कार से नहीं उतरी है। काफी देर बाद जब वह नजर आई तो घर में उसकी तलाश की गई, इसके बाद कार में देखा तो वह बेसुध हालत में मिली। उसे अस्पताल ले गए मगर देर हो गई थी। घटना के बाद से परिवार में गम का मौहाल है। परिवार के लोग समझ ही नहीं पा रहे है कि बच्ची उनके बीच नहीं है। उन्होंने बताया कि बच्ची के पिता लोहा कारोबारी है। उनके तीन बच्चे है, दो बेटी और एक छोटा बच्चा है। हाजरा दूसरी नंबर की बेटी थी। ऑक्सीजन की कमी की आशंका उन्होंने बताया कि गर्मी के कारण कार में ऑक्सीजन की कमी के कारण ये घटना हो सकती है। तेज गर्मी के कारण कार के अंदर का तापमान बढ़ गया होगा। जिसकी वजह से ये घटना हुई है। इधर, घटना के बाद से मां का रो-रोककर बुरा हाल है। परिवार के लोग उन्हें संभालने की कोशिश कर रहे है।
मेरठ नगर निगम प्रशासन और जनप्रतिनिधियों पर वादा खिलाफी का आरोप लगाते हुए आउटसोर्सिंग सफाई कर्मचारियों ने 22 मई से अनिश्चितकालीन आंदोलन शुरू करने की घोषणा की है। आंदोलन की शुरुआत नगर निगम परिसर में धरना और क्रमिक अनशन से होगी। इसके बाद भूख हड़ताल और अंतिम चरण में सफाई कार्य का चक्का जाम किया जाएगा। वरिष्ठ समाजसेवी दीपक मनोठिया के निवास पर आयोजित भारतीय संविदा आउटसोर्सिंग कर्मचारी संघ, नगर निगम मेरठ की बैठक में यह फैसला लिया गया। बैठक की अध्यक्षता वरिष्ठ सफाई मजदूर नेता शिवकुमार नाज़ ने की, जबकि संचालन शाखा अध्यक्ष दिनेश सूद ने किया। संघ पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि आउटसोर्सिंग सफाई कर्मचारियों की समस्याओं को लेकर लंबे समय से सांकेतिक आंदोलन किए जा रहे हैं, लेकिन नगर निगम प्रशासन की ओर से केवल आश्वासन दिए गए और किसी भी मांग का समाधान नहीं किया गया। संघ अध्यक्ष दिनेश सूद ने बताया कि 20 अप्रैल 2026 को एक दिवसीय सांकेतिक धरना देकर वर्ष 2023 में बोर्ड से पारित प्रस्ताव लागू करने, आउटसोर्सिंग कर्मचारियों का वेतन बढ़ाने और उन्हें संविदा में समायोजित करने की मांग उठाई गई थी। उस समय प्रशासन ने चार दिन में समाधान का आश्वासन दिया था, लेकिन करीब एक माह बीतने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने बताया कि 22 मई से चरणबद्ध आंदोलन शुरू कर दिया जाएगा। बैठक में अखिल भारतीय सफाई मजदूर कांग्रेस के राष्ट्रीय महामंत्री विनोद कुमार बेचैन, वरिष्ठ समाजसेवी रविंद्र कुमार वैद, वाल्मीकि महासभा के संस्थापक राजकुमार तन्हा, कमल मनोठिया, नवीन गहरा, रविंद्र बैरागी, दिनेश लोहरे, राजन पिवाल, अमित जाहिदपुर, अरुण चिनॉय, सोनू बेनीवाल, नरेश तंवर, विपिन महरौल, पंकज दास, मानव ठेकेदार, राजीव भाटिया, विनोद डियर, बाबू सातवाई, बब्बू और सुमित गहलोत समेत कई कर्मचारी मौजूद रहे।
कानपुर के चकेरी थाना क्षेत्र में एक बीबीए छात्रा ने युवक पर उत्पीड़न, मारपीट और मां पर तेजाब फेंकने की धमकी देने का आरोप लगाया है। पुलिस ने मामले में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। 20 वर्षीय छात्रा मूल रूप से पश्चिम बंगाल की रहने वाली है और अपनी मां के साथ कानपुर में रहती है। छात्रा की मां एक ज्वेलरी शॉप में काम करती हैं। छात्रा के मुताबिक, इलाके का एक युवक पिछले करीब एक साल से उसे परेशान कर रहा था। छात्रा ने जब इस बारे में अपनी मां को बताया तो उन्होंने आरोपी के परिजनों से शिकायत की। इसके बावजूद युवक ने छात्रा का मोबाइल नंबर हासिल कर लिया और उस पर शादी करने का दबाव बनाने लगा। विरोध करने पर उसने घर के बाहर बदनाम करने की धमकी दी। कॉलेज जाते समय रोका, मना करने पर पीटा छात्रा का आरोप है कि 10 मई को कॉलेज जाते समय आरोपी ने उसे रास्ते में रोक लिया और पूछा कि क्या वह उससे प्यार करती है। छात्रा के इंकार करने पर युवक भड़क गया और उसके साथ मारपीट की। छात्रा के शरीर पर चोट के निशान भी पड़े हैं। नए नंबरों से करता रहा कॉल और मैसेज पीड़िता ने बताया कि उसने आरोपी के कई मोबाइल नंबर ब्लॉक कर दिए थे, लेकिन वह नए नंबरों से लगातार कॉल और मैसेज करता रहा। युवक घर के नीचे खड़े होकर ‘हां’ बुलवाने के लिए धमकियां देता था। मां को दी तेजाब फेंकने की धमकी छात्रा की मां ने बताया कि जब वह आरोपी के घर शिकायत करने गईं, तो युवक ने नौकरी से लौटते समय उन पर तेजाब फेंकने की धमकी दी। घटना के बाद छात्रा इतनी डर गई थी कि वह सात दिनों तक घर से बाहर नहीं निकली। मां को काम पर जाते समय बेटी को कमरे में बंद करके या रिश्तेदारों के यहां छोड़कर जाना पड़ता था। अजय प्रकाश मिश्र ने बताया कि आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है।
गोपीगंज कोतवाली क्षेत्र के गोपपुर गांव निवासी एक युवक की महाराष्ट्र के नागपुर में सड़क दुर्घटना में मृत्यु हो गई। सोमवार सुबह पोस्टमार्टम के बाद युवक का शव गांव पहुंचा, जिससे परिवार में शोक छा गया। मृतक की पहचान गोपपुर निवासी धीरज पाल (22) पुत्र चिंता पाल के रूप में हुई है। धीरज कुछ माह पहले रोजी-रोटी की तलाश में नागपुर गया था, जहां वह ट्रक चालक के रूप में कार्यरत था। जानकारी के अनुसार, 16 मई की सुबह ट्रक चलाते समय वह एक सड़क दुर्घटना का शिकार हो गया। इस हादसे में उसे गंभीर चोटें आईं, जिससे उसकी मृत्यु हो गई। धीरज अपने तीन भाइयों और एक बहन में तीसरे नंबर पर था। वह परिवार का मुख्य कमाने वाला सदस्य था और पूरे परिवार की जिम्मेदारी उसी के कंधों पर थी। उसकी असामयिक मृत्यु से परिवार सदमे में है। परिजनों ने प्रशासन से आर्थिक सहायता और मुआवजा प्रदान करने की मांग की है। ग्रामीणों ने बताया कि धीरज की आय से ही परिवार का भरण-पोषण होता था।
मऊ जिले के रतनपुरा ब्लॉक स्थित खालिसपुर से मऊ तक रोडवेज बस सेवा का शुभारंभ किया गया है। यह बस मुस्तफाबाद, गाढ़ा और रतनपुरा होते हुए संचालित होगी। भाजपा जिलाध्यक्ष रामाश्रय मौर्य ने फीता काटकर इस सेवा का उद्घाटन किया। यह बस स्वतंत्रता संग्राम सेनानी महेंद्र मिश्र की स्मृति में चलाई जा रही है। शुभारंभ समारोह में क्षेत्र के सैकड़ों नागरिक उपस्थित रहे। इस अवसर पर क्षेत्रीय प्रबंधक आजमगढ़ मनोज बाजपेई से बस सेवा को गोरखपुर तक विस्तारित करने की मांग की गई। बाजपेई ने आश्वासन दिया कि भविष्य में इस बस सेवा का विस्तार गोरखपुर तक किया जाएगा। कार्यक्रम का आरंभ ग्राम मुस्तफाबाद के पंडित मुन्ना तिवारी द्वारा वैदिक मंत्रोच्चारण और पूजा-पाठ के साथ हुआ। इसके उपरांत भाजपा जिलाध्यक्ष रामाश्रय मौर्य, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष राकेश सिंह, स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के पुत्र देवेंद्र मिश्र और क्षेत्रीय प्रबंधक मनोज बाजपेई ने हरी झंडी दिखाकर बस को रवाना किया। इस अवसर पर मुस्तफाबाद के प्रधान बबलू सिंह, इसहाकपुर के प्रधान अविनाश कुमार, खालिसपुर प्रधान प्रतिनिधि पिंटू राजभर, केदार सिंह, अनिल सिंह, योगेंद्र सिंह, अजय तिवारी, सूर्यदेव तिवारी, जितेंद्र राजभर, रामप्यारे गौतम, वंश बहादुर सिंह, जितेंद्र पांडेय सहित बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित थे। रोडवेज विभाग के सहायक प्रबंधक गौतम कुमार ने सभी अतिथियों का स्वागत किया। उन्होंने बताया कि यह बस प्रतिदिन सुबह 7 बजे खालिसपुर से रवाना होगी और शाम को वापस लौटेगी।
सोनभद्र जनपद के रेणुकूट निवासी रवि सिंह आगामी 8वीं विश्व क्वान क्यूडो चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे। यह प्रतिष्ठित प्रतियोगिता 20 से 24 मई तक रोमानिया की राजधानी बुखारेस्ट में आयोजित होगी। रवि सिंह उत्तर प्रदेश के पहले खिलाड़ी हैं, जिन्हें इस वैश्विक मंच पर देश का प्रतिनिधित्व करने का अवसर मिला है। रवि सिंह का चयन इस महत्वपूर्ण चैंपियनशिप के लिए हुआ है, जहां वे अपनी खेल प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। हिण्डालको में कार्यरत रवि ने अपनी इस उपलब्धि का श्रेय अपने माता-पिता, गुरुजनों और सहयोगियों को दिया है। उनकी इस सफलता से पूरे रेणुकूट और सोनभद्र जनपद में खुशी का माहौल है। रवि सिंह ने कहा कि देश के लिए खेलना उनके जीवन का सबसे बड़ा गर्व है। उन्होंने यह भी बताया कि वे विश्व मंच पर भारत का नाम रोशन करने के लिए पूरी मेहनत करेंगे। उनकी यह उपलब्धि न केवल सोनभद्र, बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश और देश के लिए गौरव का विषय है। रोमानिया रवाना होने से पहले, सोनभद्र के जिलाधिकारी चर्चित गौड़ और पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा ने रवि सिंह को शुभकामनाएं दीं और उन्हें सम्मानित किया। दोनों अधिकारियों ने उनकी उपलब्धि को जिले के लिए गौरवपूर्ण बताते हुए विश्व प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन की कामना की।
सिरोही के पिंडवाड़ा थाना क्षेत्र के वरली गांव में जमीनी विवाद ने खूनी रूप ले लिया। छोटे भाई ने गुस्से में आकर बड़े भाई के सिर पर लाठी से हमला कर दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पति को बचाने आई मृतक की पत्नी पर भी आरोपी ने हमला कर घायल कर दिया। घटना के बाद गांव में सनसनी फैल गई। पुलिस ने आरोपी छोटे भाई को हिरासत में लेकर जांच शुरू कर दी है। जमीन को लेकर शुरू हुआ विवाद बना हत्या की वजह जानकारी के अनुसार वरली गांव निवासी भानाराम और उसके बड़े भाई वीरमाराम के बीच सोमवार को जमीन को लेकर कहासुनी हो गई। परिवार के भीतर चल रहा विवाद कुछ ही देर में इतना बढ़ गया कि दोनों भाइयों के बीच जमकर झगड़ा शुरू हो गया। गुस्से में आए भानाराम ने पास पड़ी लाठी उठाकर बड़े भाई वीरमाराम के सिर पर जोरदार वार कर दिया। हमला इतना घातक था कि वीरमाराम जमीन पर गिर पड़े और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। घटना से परिवार में चीख-पुकार मच गई। पति को बचाने आई पत्नी पर भी हमला घटना के दौरान वीरमाराम की पत्नी अपने पति को बचाने के लिए बीच-बचाव करने पहुंचीं, लेकिन आरोपी का गुस्सा शांत नहीं हुआ। आरोप है कि भानाराम ने उन पर भी लाठी से हमला कर दिया, जिससे वह घायल हो गईं। परिजनों और ग्रामीणों की मदद से घायल महिला को तुरंत पिंडवाड़ा के सरकारी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। घटना के बाद गांव में फैली सनसनी दिनदहाड़े हुई इस वारदात के बाद पूरे गांव में दहशत और सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही पिंडवाड़ा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का बारीकी से मुआयना किया। पुलिस ने शव को निजी वाहन की मदद से पिंडवाड़ा के सरकारी अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया। बाद में पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। आरोपी भाई हिरासत में, पुलिस जांच में जुटी वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी भानाराम मौके से फरार हो गया था, लेकिन पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उसे हिरासत में ले लिया। पुलिस ने परिजनों की रिपोर्ट के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दोनों भाइयों के बीच लंबे समय से जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। मजदूरी और खेती कर परिवार चलाता था मृतक ग्रामीणों के अनुसार मृतक वीरमाराम मजदूरी और खेती-बाड़ी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करता था। अचानक हुई इस घटना से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। गांव में हर कोई इस घटना को लेकर स्तब्ध नजर आ रहा है।
झांसी में IPL मैच में सट्टेबाजी करने वाले भाजपा नेता एवं पूर्व पार्षद संतोष श्रीवास समेत 4 आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। ये वेबसाइट के जरिए ऑनलाइन सट्टा खिलाते थे। झांसी महानगर में पुलिस सटोरियों पर ताबड़तोड़ कार्रवाई कर रही थी। इससे बचने के लिए चारों ने एक गांव में अपना ठिकाना बना लिया था। सोमवार को मुखबिर की सूचना पर बबीना पुलिस ने दबिश देकर चारों को गिरफ्तार कर लिया। उनके पास से 3 लेपटॉप, 17 मोबाइल, एक टेबलेट और 10 रजिस्टर बरामद हुए हैं। इन रजिस्टर में सट्टा से संबंधित डेढ़ करोड़ रुपए का हिसाब किताब मिला है। जबकि वेबसाइट पर 3.96 लाख रुपए के डिजिटल क्वाइन मिले हैं। गिरफ्तारी के बाद बबीना पुलिस ने सटोरियों को VIP ट्रीटमेंट दिया। क्रेटा जैसी लग्जरी कार से उनको कोर्ट ले जाकर पेश किया। साथ ही प्रेस कॉन्फ्रेंस में भी इसी कार से आरोपियों को लाया गया। अब इसके वीडियो वायरल हो रहे हैं। खबर को लगातार अपडेट किया जा रहा है।
बुलंदशहर में 22 मई तक लू चलने की संभावना:जिला प्रशासन ने बचाव के लिए गाइडलाइन जारी की
बुलंदशहर में 22 मई 2026 तक लू (हीटवेव) चलने की संभावना है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के पूर्वानुमान बुलेटिन के आधार पर जिलाधिकारी कुमार हर्ष ने यह जानकारी दी। जिला प्रशासन ने लू से बचाव के लिए दिशानिर्देश जारी किए हैं। जिलाधिकारी ने बताया कि लू असामान्य रूप से उच्च तापमान की अवधि होती है, जब पारा सामान्य से अधिक दर्ज किया जाता है। उच्च आर्द्रता और वायुमंडलीय परिस्थितियाँ लोगों को प्रतिकूल रूप से प्रभावित करती हैं, जिससे शरीर में पानी की कमी (डिहाइड्रेशन) और ऐंठन की शिकायत हो सकती है। गंभीर मामलों में यह जानलेवा भी साबित हो सकता है। शहरी क्षेत्रों में तापमान बढ़ने से 'अर्बन हीट आइलैंड' की स्थिति बन जाती है। लू से वृद्ध, बच्चे, गर्भवती महिलाएँ, बीमार व्यक्ति, मजदूर, गरीब और निराश्रित लोग अधिक प्रभावित होते हैं। जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण कार्यालय, बुलंदशहर ने लू से बचाव के लिए कुछ महत्वपूर्ण सुझाव दिए हैं। लोगों को कड़ी धूप में, खासकर दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच, बाहर जाने से बचना चाहिए।हल्के रंग के ढीले-ढाले और सूती कपड़े पहनें। धूप में निकलते समय सिर को कपड़े, टोपी या छाते से ढक कर रखें। पर्याप्त और नियमित अंतराल पर पानी पीते रहें और सफर में अपने साथ पीने का पानी अवश्य रखें। शरीर को हाइड्रेटेड रखने के लिए ओ.आर.एस. घोल, नारियल पानी, लस्सी, चावल का पानी, नींबू पानी, छाछ और आम का पन्ना जैसे घरेलू पेय पदार्थों का सेवन करें। रेडियो, टीवी और समाचार पत्रों के माध्यम से स्थानीय मौसम और तापमान की जानकारी पर ध्यान दें। कमजोरी, चक्कर आने या बीमार महसूस होने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। अपने घर को ठंडा रखने के लिए पर्दे, शटर आदि का उपयोग करें और रात में खिड़कियां खुली रखें।
जालंधर के बस स्टैंड के पास स्थित 'गुजराल इमिग्रेशन' के मालिक सन्नी गुजराल का उनके दफ्तर से दिनदहाड़े किडनैप करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पैसों के लेन-देन के विवाद में करीब 20 से 25 अज्ञात नौजवानों ने दफ्तर में घुसकर सन्नी गुजराल के साथ मारपीट की और जबरन गाड़ी में डालकर पठानकोट चौक की तरफ ले गए। हालांकि, सन्नी ने सूझबूझ दिखाई और चलती गाड़ी से छलांग लगाकर अपनी जान बचाई। यह पूरी वारदात दफ्तर में लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरे में कैद हो गई है, जिसके बाद पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। आरोप है कि अज्ञात हमलावर सन्नी गुजराल को जबरन गाड़ी में डालकर पठानकोट चौक की तरफ ले गए। इस दौरान सन्नी गुजराल ने खुद को बचाने के लिए काफी मशक्कत की। किडनैपिंग की यह पूरी वारदात दफ्तर में लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरे में कैद हो गई है। एजेंट मालिक को कुर्सी से जबरदस्ती उठाने की कोशिश सीसीटीवी फुटेज में साफ देखा जा सकता है कि कुछ नौजवान दफ्तर में घुसते हैं और एजेंट मालिक को कुर्सी से जबरदस्ती उठाने की कोशिश करते हैं। सन्नी गुजराल खुद को बचाने के लिए फर्श पर बैठ जाते हैं, लेकिन हमलावर उन्हें घसीटते हुए दफ्तर से बाहर ले जाते हैं।20 से 25 नौजवानों ने किया अपहरण घटना के वक्त सन्नी गुजराल की पत्नी बच्चे को लेने के लिए स्कूल गई हुई थी। इसी बीच दफ्तर के करीब रहने वाले 'जिंदी' नामक व्यक्ति ने बताया कि 20 से 25 नौजवान अचानक आए और सन्नी को उठा ले गए। उन्होंने तुरंत सन्नी की पत्नी को इसकी जानकारी दी, जिसके बाद पुलिस को सूचित किया गया। पुलिस ने पूरे जालंधर में की नाकेबंदी घटनाक्रम की सूचना मिलते ही सन्नी गुजराल के करीबी एक पूर्व सांसद को मिली, उन्होंने तुरंत पुलिस के उच्च अधिकारियों को मामले की जानकारी दी। सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत हरकत में आ गई और पूरे जालंधर शहर में नाकेबंदी कर दी गई।दूसरी तरफ, किडनैपर्स की चंगुल में फंसे सन्नी गुजराल ने हिम्मत नहीं हारी। जब गाड़ी पठानकोट चौक की तरफ बढ़ रही थी, तो सन्नी ने चलती गाड़ी से छलांग लगा दी और भागकर अपनी जान बचाई। गाड़ी से कूदने के बाद वह सीधे थाना रामा मंडी पहुंचे।थाना रामा मंडी की पुलिस ने तुरंत पीड़ित से पूछताछ शुरू कर दी है। सन्नी गुजराल ने पुलिस को बताया कि उनका किसी के साथ पैसों का लेन-देन जरूर था, लेकिन इस तरह से सरेआम किडनैपिंग और मारपीट करना बिल्कुल गलत है। पीड़ित ट्रैवल एजेंट ने पुलिस में दी शिकायत पीड़ित ट्रैवल एजेंट ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के लिए पुलिस को लिखित शिकायत दे दी है। रामा मंडी पुलिस अब सन्नी को आगे की कार्रवाई के लिए बस स्टैंड चौकी लेकर जा रही है, जहां इस मामले की एफआईआर (FIR) दर्ज की जा रही है। परिवार ने पुलिस प्रशासन से इंसाफ की मांग की इस घटना के बाद से सन्नी की पत्नी और उनका परिवार गहरे सदमे और परेशानी में है। सन्नी की पत्नी का कहना है कि वह उन लोगों को नहीं जानतीं जो उनके पति को उठाकर ले गए थे। परिवार ने पुलिस प्रशासन से इंसाफ और आरोपियों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी की गुहार लगाई है।
युवती कवच टावर पर चढ़ी, VIDEO:पति की रिहाई की मांग की, डेढ़ घंटे बाद सुरक्षित उतारा गया
देवरिया सदर रेलवे स्टेशन परिसर में सोमवार को उस समय हड़कंप मच गया जब एक युवती रेलवे के नवनिर्मित कवच टावर पर चढ़ गई। युवती करीब डेढ़ घंटे तक टावर पर बैठी रही, जिसके बाद पुलिस ने उसे सुरक्षित नीचे उतारा। सुबह लगभग 10 बजे आरपीएफ को सूचना मिली कि देवरिया सदर रेलवे स्टेशन के उत्तरी रेल परिसर स्थित कवच टावर पर एक युवती चढ़ी हुई है। सूचना मिलते ही आरपीएफ पोस्ट प्रभारी निरीक्षक आस मोहम्मद टीम के साथ मौके पर पहुंचे। जीआरपी और सदर कोतवाली पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंची और युवती को समझाने का प्रयास शुरू किया। पुलिसकर्मियों की काफी मशक्कत के बाद सुबह लगभग 11:20 बजे युवती को सुरक्षित नीचे उतारा गया। पूछताछ में युवती ने अपना नाम राधा सिंह (21) पुत्री मदन मोहन सिंह निवासी हरेरामपुर, थाना गौरीबाजार बताया। पति की रिहाई के लिए टावर पर चढ़ीयुवती ने पुलिस को बताया कि उसने प्रिंस यादव निवासी रामपुर, थाना बरियारपुर के साथ प्रेम विवाह किया है। उसने आरोप लगाया कि उसके परिजनों ने नाबालिग लड़की भगाने का मुकदमा दर्ज कराया है, जिसके बाद पुलिस ने उसके पति को जेल भेज दिया। पति की रिहाई की मांग को लेकर ही वह टावर पर चढ़ी थी। घटना की जानकारी मिलने पर गौरीबाजार थाना पुलिस भी रेलवे स्टेशन पहुंची। पुलिस ने युवती के परिजनों को बुलाकर उनसे पूछताछ की। बाद में अग्रिम कार्रवाई के लिए युवती को गौरीबाजार पुलिस अपने साथ ले गई। रेलवे स्टेशन परिसर में हुई इस घटना को देखने के लिए काफी देर तक लोगों की भीड़ जुटी रही। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और सभी तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मेरठ के बेगमपुल स्थित सनराइज ड्राई क्लीनर्स के कर्मचारियों ने ईमानदारी की ऐसी मिसाल पेश की, जिसकी शहरभर में सराहना हो रही है। कोट की जेब में मिले करीब 75 हजार रुपये कीमत के सोने के टॉप और नकदी को सुरक्षित लौटाने पर बेगमपुल व्यापार संघ ने कर्मचारियों और दुकान मालिक को सम्मानित किया। बेगमपुल व्यापार संघ ने सोमवार को आयोजित सम्मान समारोह में सनराइज ड्राई क्लीनर्स के कर्मचारी राम उपाध्याय, विपिन चौहान, सुमित गेरा, इकबाल, आदिल और आसिफ समेत दुकान मालिक रतन सहगल को सम्मानित किया गया। जानकारी के अनुसार जाकिर कॉलोनी हापुड़ रोड निवासी अनवर ने अपना कोट ड्राईक्लीन के लिए दुकान पर दिया था। ड्राईक्लीन से पहले कर्मचारियों ने कोट की जांच की तो उसकी जेब से 4500 रुपये नकद और दो सोने के टॉप बरामद हुए, जिनकी कुल कीमत करीब 75 हजार रुपये आंकी गई। कर्मचारियों ने बिना किसी लालच के पूरा सामान दुकान मालिक रतन सहगल को सौंप दिया। इसके बाद रतन सहगल ने ग्राहक अनवर से संपर्क कर सत्यापन किया और उन्हें उनकी माता के साथ दुकान पर बुलाकर बेगमपुल व्यापार संघ के महामंत्री पुनीत शर्मा के हाथों पूरा सामान वापस कराया। व्यापार संघ पदाधिकारियों ने कहा कि महंगाई और भागदौड़ भरे दौर में भी ऐसे ईमानदार लोग समाज के लिए प्रेरणा हैं। कार्यक्रम में महामंत्री पुनीत शर्मा, कोषाध्यक्ष अरुण रस्तोगी, मंत्री गौरव गुप्ता, सुरेंद्र शर्मा समेत कई व्यापारी मौजूद रहे।
धौलपुर जिले के समोला और भैंसाख गांव के ग्रामीणों ने श्री वनखंडी हनुमान मंदिर समोला के प्रबंधन और देखरेख को लेकर जिला कलेक्टर को एक ज्ञापन सौंपा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मंदिर का संचालन स्थानीय प्रबंधन समिति को सौंपने की मांग की है। ज्ञापन में बताया गया है कि लगभग 150 वर्ष पूर्व गांव के पूर्वजों द्वारा मंदिर में प्राकट्य हनुमान मूर्ति की स्थापना की गई थी। इसके बाद से समय-समय पर ग्रामीणों के सहयोग से मंदिर का निर्माण और विकास कार्य कराया जाता रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि मंदिर के नाम पर दर्ज भूमि राजस्व रिकॉर्ड में भी मौजूद है। उनका तर्क है कि मंदिर की सेवा, पूजा-अर्चना, निर्माण कार्य और प्रबंधन का अधिकार समोला और भैंसाख गांव के लोगों का ही बनता है। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि लगभग 50-60 वर्ष पूर्व अयोध्या के संत सरयू दास महाराज द्वारा मंदिर में यज्ञ और सप्ताह का आयोजन किया गया था। तब से मंदिर में पूजा-अर्चना के लिए अयोध्या से पुजारी आते रहे हैं। वर्तमान में मंदिर का संचालन महंत अजय मिश्रा द्वारा किया जा रहा है। हालांकि, अयोध्या के महंत कुलदीप दास और महंत अजय मिश्रा के बीच प्रबंधन को लेकर विवाद उत्पन्न हो गया है। ग्रामीणों ने महंत अजय मिश्रा की कार्यप्रणाली और मंदिर की देखरेख को संतोषजनक बताया है। मंदिर परिसर में संचालित गौशाला के संचालन को भी नियमानुसार बताया गया है, जिसका पशुपालन विभाग द्वारा समय-समय पर निरीक्षण किया जाता रहा है। ग्रामीणों ने यह भी स्पष्ट किया कि मंदिर की पुरानी संस्था के साथ किसी प्रकार की छेड़छाड़ नहीं की गई है और गौशाला निर्माण को पूर्व में प्रशासनिक स्वीकृति भी मिल चुकी है। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस मामले में निष्पक्ष निर्णय लेते हुए मंदिर का प्रबंधन स्थानीय समिति को सौंपने की अपील की है।
शहर के हाउसिंग बोर्ड इलाके में सोमवार को ट्रैफिक पुलिस द्वारा की गई अतिक्रमण हटाओ कार्रवाई के दौरान हंगामा हो गया।। दुकानों के बाहर अवैध रूप से लगाए गए साइन बोर्ड और सामान को हटाने पर एक स्थानीय निवासी पुलिस के सामने अड़ गया और कार्रवाई का विरोध किया। ट्रैफिक इंचार्ज राधेश्याम सांखला ने बताया कि हाउसिंग बोर्ड मार्केट से लगातार ट्रैफिक जाम होने की शिकायतें मिल रही थीं। दुकानदार अपनी दुकानों के आगे सामान और बोर्ड रख देते हैं, जिससे आमजन को काफी परेशानी हो रही थी। उन्होंने कहा, मैं इस मार्केट से रोज दो बार गुजरता हूं और लगातार दुकानदारों को समझाइश व माइक से चेतावनी दी जा रही थी। इसके बावजूद कोई असर नहीं हुआ, जिसके बाद आज एडिशनल एसपी देवेंदर राजावत के निर्देशन में टीम ने कार्रवाई करते हुए बोर्ड हटाए और नो-पार्किंग में खड़ी गाड़ियों के चालान काटे। कार्रवाई से नाराज स्थानीय निवासी जयपाल सिंह ने पुलिस की गाड़ी के आगे खड़े होकर विरोध शुरू कर दिया। जयपाल सिंह ने पुलिस पर एकतरफा कार्रवाई का आरोप लगाते हुए कहा कि दुकानों के बाहर बोर्ड पूरे झुंझुनू शहर में लगे हैं, लेकिन वहां कार्रवाई करने की पुलिस में हिम्मत नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि हमें बिना किसी पूर्व सूचना के सीधे बोर्ड हटाने की कार्रवाई की गई। जब मैंने इसका विरोध किया और अपनी बात सुननी चाही, तो पुलिस अधिकारियों ने सुनने के बजाय मुझे गिरफ्तार करने और राजकार्य में बाधा डालने का मुकदमा दर्ज करने की धमकी दी। कार्रवाई और हंगामे को देखकर मौके पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और व्यापारी एकत्रित हो गए।
संतकबीरनगर में लखनऊ में प्रशासन द्वारा अधिवक्ताओं के चेंबर तोड़े जाने और विरोध कर रहे वकीलों पर लाठीचार्ज के विरोध में सोमवार को जिले के अधिवक्ताओं ने प्रदर्शन किया। सिविल बार एसोसिएशन और जनपद बार एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में अधिवक्ताओं ने कचहरी परिसर से जिलाधिकारी कार्यालय तक आक्रोश रैली निकाली। इस दौरान उन्होंने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए घटना पर कड़ा विरोध दर्ज कराया। रैली का नेतृत्व सिविल बार एसोसिएशन के अध्यक्ष ईश्वर चंद पाठक और जनपद बार एसोसिएशन के अध्यक्ष संतोष कुमार चौधरी ने किया। प्रदर्शन के बाद अधिवक्ताओं ने राज्यपाल को संबोधित एक ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा। इसमें चेंबरों के पुनर्निर्माण, प्रभावितों को मुआवजा और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की गई। विरोध सभा को संबोधित करते हुए अध्यक्ष ईश्वर चंद पाठक ने कहा कि अधिवक्ताओं के चेंबरों को बलपूर्वक ध्वस्त करना लोकतांत्रिक मूल्यों पर सीधा आघात है। उन्होंने जोर दिया कि अधिवक्ता न्याय व्यवस्था की महत्वपूर्ण कड़ी हैं और उनके साथ इस प्रकार का व्यवहार अत्यंत निंदनीय है। पाठक ने कहा कि अधिवक्ता समाज अपने सम्मान और अधिकारों की रक्षा के लिए हर स्तर पर संघर्ष करेगा। जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष संतोष कुमार चौधरी ने कहा कि शांतिपूर्ण विरोध कर रहे अधिवक्ताओं पर लाठीचार्ज बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने मांग की कि जिन अधिवक्ताओं के चेंबर तोड़े गए हैं, उनका शीघ्र पुनर्निर्माण कराया जाए और घायल अधिवक्ताओं को उचित मुआवजा दिया जाए। चौधरी ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
मेरठ में सदर बाजार पुलिस ने नशे के दो सौदागरों को दबोचा है। यह दोनों अपने घरों से गांजा व चरस बेचते आ रहे थे। चौकाने वाली बात यह है कि इन्होंने इस धंधे से छोटे बच्चों को जोड़ा हुआ था, जिस कारण किसी को शक भी नहीं हो पाता था। मामले में तीन आरोप फरार हैं, जिनके घरों पर भी ताला डला है। पहले एक नजर पूरे मामले पर सदर बाजार पुलिस को सूचना मिल रही थी कि टंडेल मोहल्ले में गांजा व चरस बिक रहा है। नशे के सौदागर घरों से ही इन्हें बेच रहे हैं, जिसकी चपेट में युवा वर्ग आ रहा है। पुलिस ने छानबीन शुरु की और जल्द ही उन लोगों को चिह्नित भी कर लिया जो इस काम को कर रहे थे। इस दौरान खुलासा हुआ कि यह लोग छोटे बच्चों के माध्यम से इस धंधे को अंजाम दे रहे हैं। पुड़िया में बेचा जा रहा था जहर एसएचओ अखिलेश कुमार मिश्रा के नेतृत्व में टीमें तैयार की गईं, जिन्होंने टंडेल मोहल्ले में एक के बाद एक कई घरों पर दबिश डाली। दो मकानों के अंदर से पुलिस ने पुड़िया बरामद कीं जिन्हें खोलकर देखा गया तो उनमें चरस व गांजा मौजूद था। 8 किलो गांजा व 65 ग्राम चरस बरामदछापे के दौरान टीम ने मौके से करीब आठ किलोग्राम गांजा और तकरीबन 65 ग्राम चरस बरामद किया। दो लोगों को गिरफ्तार किया गया, जिन्होंने अपने नाम शुभम उर्फ शिब्बू पुत्र बाबूचंद और जीतू पुत्र जितेंद्र बताए। शुभम के पास से 5.792 किलोग्राम गांजे के अलावा 7 पुड़िया चरस 65 ग्राम वजनी, 4400 रुपये नकद, पैकिंग पिन्नी बरामद हुई तो जीतू के यहां से पुलिस को 2.532 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। बच्चे कर रहे थे माल की डिलीवरी एसएचओ अखिलेश कुमार मिश्रा ने बताया कि छापे के दौरान कुछ बच्चों से भी पूछताछ की गई तो सामने आया कि नशे के सौदागर कुछ बच्चों के माध्यम से ही इस नशे के सामान को बेच रहे थे। इस मामले में अभी तीन आरोपी गौरव उर्फ चौड़ी पुत्र स्व. राजू खटीक, अंकित पुत्र अज्ञात और सुभाष पुत्र अज्ञात फरार हैं, जिनके घरों पर ताले पड़े हैं। आपराधिक इतिहास खंगाल रही पुलिसएसएचओ ने बताया कि शुभम उर्फ शिब्बू और जीतू के खिलाफ चार-चार मुकदमें सामने आए हैं। इनमें से कई तो इसी वर्ष के हैं। इसका मतलब यह है कि आरोपी लंबे समय से गैरकानूनी गतिविधियों में लिप्त चला आ रहा था। इन सभी के घरों की निगरानी कराई जा रही है। कौन लोग आकर इन से सामान खरीदते हैं, यह पता लगाया जा रहा है। सीओ बोलीं- छोटे बच्चे बेच रहे थे पुड़िया सीओ कैंट नवीना शुक्ला ने इस कार्रवाई की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि पुलिस को जो जानकारी मिली थी, उसके अनुसार- इस धंधे को करने वाले लोग बच्चों को अपने साथ शामिल कर चुके थे। बच्चों के माध्यम से ही वह सामान की डिलीवरी करा रहे थे। फरार आरोपी भी जल्द सलाखों के पीछे होंगे।
इटावा में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पेट्रोल, डीजल, गैस और घरेलू उपयोग की वस्तुओं की बढ़ती कीमतों के विरोध में जिला कलेक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन किया। कांग्रेस नेताओं ने भाजपा सरकार की नीतियों को महंगाई के लिए जिम्मेदार बताते हुए राष्ट्रपति के नाम संबोधित ज्ञापन जिला अधिकारी को सौंपा। कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि एक माह के भीतर बढ़ी कीमतें वापस नहीं ली गईं तो प्रदेशभर में बड़ा जन आंदोलन किया जाएगा। महंगाई के विरोध में किया प्रदर्शन सोमवार को उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अजय राय के आह्वान पर जिला कांग्रेस अध्यक्ष आशुतोष दीक्षित, शहर अध्यक्ष राशिद खान और पूर्व अध्यक्ष पल्लव दुबे के नेतृत्व में सैकड़ों कांग्रेस कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट पहुंचे। यहां कांग्रेसियों ने पेट्रोल, डीजल, गैस सिलेंडर और रोजमर्रा के घरेलू सामानों की बढ़ती कीमतों को लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। राष्ट्रपति के नाम सौंपा ज्ञापन प्रदर्शन के बाद कांग्रेस नेताओं ने महामहिम राष्ट्रपति के नाम संबोधित ज्ञापन जिला अधिकारी शुभ्रान्त शुक्ला को सौंपा। ज्ञापन में बढ़ती महंगाई पर नियंत्रण करने और बढ़ी हुई कीमतों को तत्काल वापस लेने की मांग की गई। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि लगातार बढ़ती महंगाई से आम जनता का घर चलाना मुश्किल हो गया है और लोगों पर आर्थिक बोझ बढ़ता जा रहा है। एक माह में कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन कांग्रेस नेताओं ने कहा कि अगर एक माह के भीतर बढ़ी हुई कीमतों को वापस नहीं लिया गया तो पार्टी पूरे प्रदेश में जन आंदोलन शुरू करेगी। इस दौरान कांग्रेस नेताओं ने विपक्षी दलों पर भी निशाना साधा और कहा कि कांग्रेस लगातार जनता के मुद्दों को लेकर संघर्ष कर रही है। प्रदर्शन और ज्ञापन कार्यक्रम में प्रशांत तिवारी, मलखान सिंह यादव, कोमल सिंह कुशवाह, अरुण यादव, करन सिंह राजपूत, विष्णुकांत मिश्रा, वाचस्पति द्विवेदी, सुनीता कुशवाह, शोजब रिजवी, आसिफ जादरान, आशाराम कठेरिया, कुसुम लता, डॉ. जितेंद्र यादव, अंबुज त्रिपाठी, दीक्षा शुक्ला एडवोकेट, प्रदीप द्विवेदी, रणवीर सिंह यादव, सुभाष शाक्य सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।
बूंदी में अखिल राजस्थान महिला, बाल विकास संयुक्त कर्मचारी संघ (एकीकृत) के बैनर तले आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं ने विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने कलेक्ट्रेट परिसर में एकत्रित होकर अपनी विभिन्न मांगों को लेकर जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपे। मुख्यमंत्री के नाम भी एक मांग पत्र प्रेषित किया गया। संगठन की संभाग अध्यक्ष सुमन जैन के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापनों में से एक में भीषण गर्मी और लू को देखते हुए आंगनबाड़ी केंद्रों में ग्रीष्मकालीन अवकाश घोषित करने की मांग की गई। कार्यकर्ताओं ने 3 से 6 वर्ष के बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए 30 जून तक अवकाश की अनिवार्यता पर जोर दिया। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने महिला अधिकारिता विभाग द्वारा संचालित 'उड़ान योजना' का कार्य करने से स्पष्ट इनकार कर दिया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं, तो वे आंदोलन का रास्ता अपनाएंगी। एक अन्य महत्वपूर्ण ज्ञापन में जिले के विभिन्न ब्लॉकों में लंबे समय से लंबित मानदेय और अन्य राशियों के भुगतान का मुद्दा उठाया गया। कार्यकर्ताओं ने तत्काल भुगतान की मांग की। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान प्रवीणा कँवर, संतोष देवी, सोनु शर्मा, राजेश कुमारी, सुशीला शर्मा, सावित्री मीणा, हेमलता शर्मा, अर्चना कुमावत, दिनेश बाई, सुमन जांगिड़, नन्दा बाई, विमला मीणा, द्वारिका बाई और प्रभा रानी शर्मा सहित कई आंगनबाड़ी कार्यकर्ता मौजूद रहीं।
भिवानी पुलिस ने पकड़े 31.25 लाख ठगी के 2 आरोपी:CBI अधिकारी बनकर बुजुर्ग को 17 घंटे रखा डिजिटल अरेस्ट
भिवानी के साइबर क्राइम थाना पुलिस ने CBI अधिकारी बनकर वृद्ध व्यक्ति को 17 घंटे डिजिटल अरेस्ट रखकर 31 लाख 25 हजार की ऑनलाइन धोखाधड़ी करने के मामले में 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस टीम ने आरोपियों से 55000 रुप नकद व दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं। डीसी कॉलोनी भिवानी निवासी एक व्यक्ति ने थाना साइबर क्राइम भिवानी में शिकायत दर्ज करवाई थी। शिकायतकर्ता ने बताया कि 9 जून 2025 को उनके मोबाइल नंबर पर एक अज्ञात नंबर से फोन आया। फोन करने वाले व्यक्ति ने स्वयं को सीबीआई अधिकारी बताया। आरोपी ने शिकायतकर्ता को कहा कि उनके आधार कार्ड पर एक सिम जारी हुई है, जिसका इस्तेमाल आपराधिक गतिविधियों में किया गया है तथा उस नंबर के संबंध में कई मुकदमे दर्ज हैं। वाट्सअप की वीडियो कॉल से फर्जी पेशी करवाकर 31.25 लाख ट्रांसफर करवाएआरोपियों ने शिकायतकर्ता को एक व्हाट्सएप नंबर उपलब्ध करवाया तथा कहा कि अगले दिन वीडियो कॉल के माध्यम से पूछताछ की जाएगी। अगले दिन आरोपियों ने व्हाट्सएप वीडियो कॉल के जरिए शिकायतकर्ता से उनके बैंक खातों, एफडी तथा परिवार के सदस्यों के बारे में जानकारी हासिल की। 10 जून 2025 को आरोपियों ने शिकायतकर्ता की व्हाट्सएप वीडियो कॉल के माध्यम से फर्जी पेशी करवाई। जिसमें एक फर्जी सीबीआई अधिकारी व एक फर्जी जज को बैठाया गया था। पूछताछ के बाद आरोपियों ने शिकायतकर्ता को डराकर उनकी एफडी तुड़वाकर बताए गए बैंक खाते में आरटीजीएस के माध्यम से 31 लाख 25 हजार ट्रांसफर करवा लिए। शाम को जब शिकायतकर्ता के परिजन घर पहुंचे तो शिकायतकर्ता ने पूरी घटना के बारे में बताया। इसके बाद परिजनों को एहसास हुआ कि उनके साथ साइबर धोखाधड़ी हुई है। शिकायत पर थाना साइबर क्राइम भिवानी में संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू की गई थी। 2 आरोपियों से 55 हजार कैश व 2 मोबाइल बरामदथाना साइबर क्राइम भिवानी के सहायक उप निरीक्षक विजय कुमार की टीम ने आरोपी सैयद रेहान को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तार आरोपी की पहचान उत्तर प्रदेश के लखनऊ निवासी दुबग्गा कॉलोनी फरीदीपुर रिंग रोड निवासी सैयद रेहान पुत्र सैयद अरशद के रूप में हुई थी। पुलिस टीम ने आरोपी को न्यायालय में पेश करके 6 दिन के पुलिस रिमांड पर हासिल किया। रिमांड अवधि के दौरान आरोपी से 35000 नकद तथा एक मोबाइल फोन बरामद किया था। पुलिस टीम ने एक अन्य आरोपी उत्तर प्रदेश के लखनऊ की राजा विहार कॉलोनी निवासी मोहम्मद सलमान पुत्र मोहम्मद रईस को गिरफ्तार किया है। पुलिस टीम ने आरोपी से 20000 नकद तथा एक मोबाइल फोन बरामद किया है। पहले गिरफ्तार आरोपियों से 6.58 लाख रुपए बरामदइससे पूर्व इस केस में पुलिस टीम द्वारा मुख्य आरोपी सोहेल सहित 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस टीम ने गिरफ्तार किए गए आरोपियों से 6 लाख 58 हजार 640 नकद, 8 मोबाइल फोन, 17 सिम कार्ड, 4 एटीएम कार्ड, चेक बुक, पासबुक तथा एक बैंक की किट बरामद कर चुकी है। आरोपियों रेहान व मोहम्मद सलमान को पेश न्यायालय किया गया, जहां से न्यायालय द्वारा दोनों आरोपियों को जिला कारागार भेजने के आदेश दिए गए हैं। वहीं पुलिस टीम द्वारा अभियोग में अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास लगातार जारी हैं।
अंबिकापुर की गांधीनगर पुलिस ने एक ओमनी कार की जांच के दौरान कार से 95 किलो से अधिक वजनी चांदी के पुराने पायल और 760 नग पुराने फोन जब्त किया है। पुलिस ने कार सवार पश्चिम बंगाल के पांच युवकों को गिरफ्तार किया गया है। चांदी और पुराने फोन चोरी का होने की आशंका पर कार्रवाई की गई है। जानकारी के मुताबिक, गांधीनगर पुलिस ने बनारस रोड में थाने के सामने वाहनों की चेकिंग के दौरान एक ओमनी वाहन को रोककर जांच की तो गाड़ी में बड़ी मात्रा में चांदी के पुराने पायल और पुराने फोन भरे हुए मिले। पुलिस ने पुराने पायलों एवं मोबाइल के संबंध में पूछताछ की तो वे ज्यादा जानकारी नहीं दे सके। पांच आरोपी गिरफ्तारपुलिस ने बताया कि कुछ लोग हाट बाजार से चोरी एवं अवैध तरीके से प्राप्त किया गया मोबाईल दूसरे राज्य जाकर बेच देते हैं। उन मोबाईलों का उपयोग साइबर फ्राड एवं अन्य असामाजिक गतिविधियों में किया जाता है। कार से जब्त पुराने चांदी के पायल का कुल वजन 95 किलो 500 ग्राम है, जिसके संबंध में कार सवार स्पष्ट जानकारी नहीं दे सके। पुलिस ने बताया कि जब्त चांदी की कीमत लाखों रुपये है। आरोपियों के कब्जे से 110 नग टच स्क्रिीन एवं 650 नग कीपैड मोबाइल बरामद किया है। पकड़े गए आरोपियों में सेन्तु शेख (26 वर्ष), गफ्फार शेख (28 वर्ष), असिम शेख (23 वर्ष), इब्राहिम शेख (30 वर्ष) और माशदुल शेख (37 वर्ष) सभी निवासी हरिहरपाड़ा जिला मुर्शीदाबाद पश्चिम बंगाल शामिल हैं। गांधीनगर थाना प्रभारी प्रवीण द्विवेदी ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ धारा 317(2), 317(3),3(5) के तहत अपराध दर्ज किया गया है। सभी आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है।
जयपुर में दिन-दहाड़े कैटरिंग वर्कर से लूट:बाइक पर आए थे बदमाश, पता पूछने के बहाने रोका
जयपुर में सोमवार दिन-दहाड़े कैटरिंग वर्कर से 35 हजार रुपए लूटने का मामला सामने आया है। बाइक पर आए दो बदमाशों ने पता पूछने के बहाने उसे रोका था। ट्रांसपोर्ट नगर थाना पुलिस वारदातस्थल के आस-पास लगे CCTV फुटेजों को खंगालने के साथ लुटेरों की तलाश कर रही है। पुलिस ने बताया- भरतपुर के उच्चैन के रहने वाले संगीराम से लूट की वारदात हुई। वह घाटगेट इलाके में किराए से रहकर कैटरिंग में जॉब करता है। सुबह करीब 11:15 बजे वह रोटरी सर्किल पर भरतपुर जाने के लिए बस का इंतजार कर रहा था। इसी दौरान बाइक पर आए दो लड़कों ने उसे पता पूछने के बहाने रोका। जगह के बारे में जानकारी नहीं होने की कहकर बाइक पर बैठकर साथ चलने की कहा। बाइक पर बैठाकर ले जाने के दौरान बातचीत करने लगे। रुपए लेकर गांव जाने का पता चलने पर बदमाशों ने दिन-दहाड़े डरा-धमकाकर उसकी जेब में रखे 35 हजार रुपए छीन लिए। लूट की वारदात को अंजाम देकर दोनों बदमाश बाइक से फरार हो गए। ट्रांसपोर्ट नगर थाने में पीड़ित ने बाइक सवार लुटेरों के खिलाफ मामला दर्ज करवाया।
चंदौली में राजवाहा निर्माण पर सवाल:किसान विकास मंच ने गुणवत्ता पर धांधली का आरोप लगाया
चंदौली के शहाबगंज ब्लॉक क्षेत्र में स्थित गोविंदीपुर रजवाहा के मरम्मत और निर्माण कार्य में अनियमितताओं का आरोप लगा है। किसान विकास मंच ने कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल उठाए हैं। किसान विकास मंच के संगठन मंत्री रामअवध सिंह के अनुसार, गोविंदीपुर नहर को हेड से नौ किलोमीटर तक दुरुस्त करने के लिए 4 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया गया है। यह कार्य वाराणसी की सिद्धार्थ कंस्ट्रक्शन कंपनी द्वारा किया जा रहा है, जिसकी निगरानी सिंचाई विभाग कर रहा है। रामअवध सिंह ने बताया कि पुराने जर्जर कुलावों को हटाकर छह इंच के नए सीमेंट ह्यूम पाइप लगाए जाने थे। उन्होंने यह भी कहा कि दस फुट की गहराई को देखते हुए, पानी से भरी नहर में कुलावों को सुरक्षित रूप से बंद करने के लिए एक ढांचा भी बनाया जाना चाहिए था ताकि कोई दुर्घटना न हो। हालांकि, लोहे के खराब कुलावों के स्थान पर नहर की ओर से छह इंच के घटिया गुणवत्ता वाले प्लास्टिक के कुलावे लगा दिए गए हैं, जिन्हें आसानी से तोड़ा जा सकता है। उन्होंने सीमेंट की जोड़ाई के लिए उचित तराई न किए जाने पर भी आपत्ति जताई। सिंह ने कहा कि भीषण गर्मी में सीमेंट की जोड़ाई को जूट के बोरों, पुआल या ईंट-पत्थर से ढककर दिन में चार बार तराई की जानी चाहिए, लेकिन ऐसा नहीं किया जा रहा है। इस संबंध में अधिशासी अभियंता हरेंद्र कुमार और सहायक अभियंता राकेश तिवारी को सूचित किया गया है। संगठन मंत्री रामअवध सिंह ने अधिकारियों से तत्काल दोनों कुलावों को हटाकर मानक गुणवत्ता वाले ह्यूम पाइप लगाने और नहर चालू रहने पर कुलावों को बंद करने की स्थायी व्यवस्था करने की मांग की है। किसान विकास मंच ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया, तो वे सिद्धार्थ कंस्ट्रक्शन कंपनी को ब्लैकलिस्ट कराने और अवर अभियंता रत्नेश यादव को निलंबित कराने के लिए जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन करेंगे। इस दौरान मौके पर बिजयमल मौर्य, राहुल सिंह, शांतनु तिवारी और दीपक सिंह सहित अन्य सदस्य मौजूद थे।
पुलिसकर्मियों को वर्दी में रील बनाकर सोशल मीडिया पर अपलोड करना अब महंगा पड़ सकता है। ऐसे पुलिसकर्मियों को चिन्हित किया जा रहा है, जो वर्दी में रील बनाते हैं। पुलिस मुख्यालय के स्पष्ट दिशा-निर्देशों के बाद यह कार्रवाई की जा रही है। अपर पुलिस अधीक्षक अनूप कुमार ने मीडिया को बताया कि पुलिस मुख्यालय ने स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों के अनुसार, पुलिस विभाग का कोई भी कर्मचारी, चाहे वह पुरुष हो या महिला, वर्दी में रील नहीं बनाएगा और न ही उसे फेसबुक या किसी अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर अपलोड करेगा। उन्होंने यह भी बताया कि ये निर्देश सभी कर्मचारियों को सूचित कर दिए गए हैं। साथ ही, यह जानकारी मिली है कि शहर कोतवाली की कुछ महिला पुलिसकर्मियों ने रील बनाकर सोशल मीडिया पर अपलोड की है। इन महिला पुलिसकर्मियों की रील की जांच जारी है। अपर पुलिस अधीक्षक ने बताया कि मामले की जांच नगर क्षेत्राधिकारी द्वारा की जा रही है। साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं और जांच के आधार पर संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। पुलिस विभाग का कहना है कि वर्दी की गरिमा बनाए रखना सभी कर्मचारियों की जिम्मेदारी है। सोशल मीडिया के उपयोग में विभागीय नियमों का पालन करना अनिवार्य है।
मुजफ्फरनगर रेलवे स्टेशन पर सोमवार को दिल्ली मंडल के डीआरएम पीआर त्रिपाठी विशेष निरीक्षण यान 'परख' से पहुंचे। उन्होंने स्टेशन परिसर, विभिन्न विभागों और कार्यालयों का गहन निरीक्षण किया। इस दौरान चल रहे विकास कार्यों की समीक्षा की गई और अधूरे कार्यों को जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए। डीआरएम ने स्टेशन पर उपलब्ध व्यवस्थाओं, यात्री सुविधाओं और निर्माण कार्यों का बारीकी से जायजा लिया। उन्होंने कई कार्यों की प्रगति पर संतोष व्यक्त किया, वहीं पाई गई कमियों और त्रुटियों को तत्काल ठीक करने के आदेश भी अधिकारियों को दिए। निरीक्षण के दौरान, डीआरएम ने सामाजिक संगठन शहीद एकता मंच द्वारा स्टेशन परिसर में चलाई जा रही जल सेवा की सराहना की। मंच की ओर से उन्हें मुजफ्फरनगर की प्रसिद्ध मिठास भेंट कर स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित भी किया गया। इसी क्रम में, व्यापारी नेता संजय मित्तल ने डीआरएम पीआर त्रिपाठी को एक ज्ञापन सौंपा। इसमें नई मंडी क्षेत्र की ओर रेलवे स्टेशन का विस्तार करने और वहां एक टिकट खिड़की खोलने की मांग की गई। मित्तल ने बताया कि नई मंडी क्षेत्र से बड़ी संख्या में यात्री रेलवे का उपयोग करते हैं, जिन्हें स्टेशन तक पहुंचने में असुविधा होती है। डीआरएम ने ज्ञापन में उठाई गई मांगों पर सकारात्मक विचार करने का आश्वासन दिया। निरीक्षण के दौरान रेलवे अधिकारी भी सक्रिय और मुस्तैद नजर आए।
भरतपुर के डेहरा मोड़ इलाके में एक बस ने दो बाइक सवार पिता-बेटे और एक ई-रिक्शा ड्राइवर को टक्कर मार दी। घटना में तीनों लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। बाइक सवार एक युवक की हालत गंभीर बनी हुई है। टक्कर मारने के बाद ड्राइवर बस को लेकर फरार हो गया। टक्कर लगते ही सड़क पर घसीटते हुए चले गए पिता-बेटे चंदन (54) निवासी झामरी ने बताया कि वह अपने बेटे दीपक (24) के साथ घर के किसी काम से भरतपुर आ रहा था। इस दौरान डेहरा मोड़ पर एक बस ने उनकी बाइक को पीछे से टक्कर मारी। टक्कर लगते ही वह सड़क पर घसीटते हुए चले गए। युवक को ICU में किया गया एडमिट घटना में चंदन और दीपक के काफी चोट आई। स्थानीय लोगों ने उन्हें अस्पताल पहुंचाया। जहां दीपक को ICU में एडमिट कर दिया गया। वहीं चंदन की हालत भी गंभीर बनी हुई है। टक्कर मारने के बाद ड्राइवर बस को लेकर फरार हो गया। ई-रिक्शा को भी मारी बस ने टक्कर वहीं ई-रिक्शा के ड्राइवर ब्रज मोहन ने बताया कि वह डेहरा मोड़ के पास सवारियों के इंतजार में सड़क किनारे ई-रिक्शा में बैठा था। जयपुर की तरफ से बस आ रही थी। बस काफी स्पीड में थी। बस के आगे एक बाइक चल रही थी। बाइक को बचाने के चक्कर में बस अनियंत्रित हुई और बाइक और ई-रिक्शा को टक्कर मार दी।
अजमेर के गुलाब बाड़ी स्थित शिव कॉलोनी (गली नंबर-1) में भीषण गर्मी के बीच पेयजल संकट गहराता जा रहा है। पानी की अनियमित और कम दबाव वाली सप्लाई से परेशान क्षेत्रवासियों का गुस्सा सोमवार को फूट पड़ा। आक्रोशित महिलाओं और पुरुषों ने जलदाय विभाग कार्यालय पहुंचकर प्रदर्शन किया। इस दौरान लोगों ने मटके फोड़कर नारेबाजी की और विभाग का घेराव किया। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द समस्या का समाधान नहीं किया गया तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा। 4 दिन में एक बार सप्लाई, वो भी सिर्फ एक घंटे स्थानीय निवासी अंजना ने बताया कि कॉलोनी में पिछले कई दिनों से पानी की भारी किल्लत बनी हुई है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में चार-चार दिन तक पानी की सप्लाई नहीं हो रही है। जब पानी आता भी है तो केवल एक घंटे के लिए सप्लाई दी जाती है। उन्होंने बताया कि इतने कम समय में पूरे परिवार के लिए पानी जमा कर पाना संभव नहीं है। पानी की कमी के कारण लोगों को मजबूरी में निजी टैंकर मंगवाने पड़ रहे हैं, जिससे अतिरिक्त आर्थिक बोझ बढ़ गया है। महिलाओं ने सवाल उठाया कि जिन परिवारों की आर्थिक स्थिति कमजोर है, वे बार-बार महंगे टैंकर कैसे मंगवाएं। कर्मचारियों पर मनमानी के आरोपक्षेत्रवासियों ने पानी सप्लाई व्यवस्था संभालने वाले कर्मचारियों पर भी मनमानी के आरोप लगाए हैं। लोगों का कहना है कि शिव कॉलोनी गली नंबर-1 में सप्ताह में एक दिन पानी की सप्लाई पूरी तरह बंद रखी जाती है, जबकि अगले दिन बेहद कम प्रेशर से पानी छोड़ा जाता है। स्थानीय लोगों के अनुसार पूरे महीने में मुश्किल से 11 से 12 दिन ही पानी की सप्लाई मिल पाती है। शिकायत करने पर भी संबंधित कर्मचारी का रवैया उदासीन बना हुआ है।
बेगूसराय में बुर्का पहनकर मंदिर के सामने एक युवक की ओर से रील बनाने का मामला सामने आया है। मामला जिला मुख्यालय के काली स्थान मंदिर के सामने का बताया जा रहा है। लड़के की ओर से बुर्की पहनकर वीडियो शूट किए जाने के दौरान आसपास के लोगों की भीड़ जुट गई। पहले तो लोग शूट कर रहे लड़के को देखकर हंसी मजाकर करने लगे। इसी दौरान एक शख्स ने वीडियो बना रहे लड़के को पकड़ा और उसे फटकार लगाई। इसके बाद उसके मोबाइल में शूट किए गए वीडियो को डिलीट भी कराया। घटना के संबंध में बताया जा रहा है कि सोमवार को काली स्थान मंदिर के सामने एक युवक बुर्का पहन कर आया और डांस करने लगा। लोगों ने बुर्का पहनकर डांस करते देखा तो चौंक गए। इस दौरान एक युवक डांस का अलग-अलग एंगल से वीडियो बना रहा था तो आसपास मौजूद लोग डांस देखकर मजे ले रहे थे। मामले से जुड़ी 3 तस्वीरें देखिए स्थानीय युवक ने लड़के को पकड़कर डिलीट कराया वीडियो वीडियो शूट किए जाने के बाद गोपाल कृष्ण नाम के युवक ने लड़के को मंदिर के सामने बुर्का पहनकर डांस करने पर रोका। इसके बाद गोपाल ने युवक के डांस पर आपत्ति जताई। डांस करने वाले लड़के से जब पूछताछ शुरू की गई तो उसने लड़कियों की तरह बात करना शुरू किया। लड़के को टोकने वाले गोपाल ने कहा कि तुम किसी भी धर्मस्थल को बदनाम क्यों कर रहे हो? मौके पर मौजूद अन्य लोगों ने भी इस पर कड़ी आपत्ति जताई। इसके बाद डांस कर रहे लड़का ने बुर्का खोल लिया और इसके लिए माफी मांगी। इसके साथ ही भविष्य में भी ऐसा फिर नहीं करने की बात कह कर वहां से चला गया।
शेखपुरा के लोदीपुर गांव स्थित कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय (KGBV) में सोमवार दोपहर एक बार फिर छात्राओं के अचानक बेहोश होने की घटना सामने आई। पढ़ाई समाप्त होने के बाद स्कूल से हॉस्टल लौटने के दौरान 14 छात्राएं अचानक बेहोश होकर गिर पड़ीं। घटना के बाद विद्यालय परिसर में अफरातफरी मच गई। सभी छात्राओं को तत्काल शेखपुरा सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। देखें, मौके से आई तस्वीरें… दो दिन पहले 27 छात्राएं हुर्ह थीं बेहोश गौरतलब है कि इसी विद्यालय में दो दिन पहले भी संध्या प्रार्थना के दौरान 27 छात्राएं अचानक बेहोश हो गई थीं। उस घटना के बाद भी सभी छात्राओं को अस्पताल में भर्ती कराया गया था। लगातार दूसरी बार हुई इस घटना से अभिभावकों और प्रशासन की चिंता बढ़ गई है। सदर अस्पताल पहुंचे पदाधिकारी,जाना हाल घटना की सूचना मिलते ही एसडीओ प्रियंका कुमारी, एडिशनल एसपी डॉ. राकेश कुमार, डीईओ तनवीर आलम और बीईओ सुरेंद्र कुमार समेत कई अधिकारी स्कूल और सदर अस्पताल पहुंचे। अधिकारियों ने छात्राओं का हालचाल जाना और पूरे मामले की जानकारी ली। एसडीओ बोलीं-पानी का सैंपल जांच को भेजा एसडीओ प्रियंका कुमारी ने बताया कि उमस भरी गर्मी और पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं पीने के कारण छात्राओं की तबीयत बिगड़ी है। उन्होंने कहा कि एहतियात के तौर पर विद्यालय के पानी का सैंपल जांच के लिए भेजा गया है, ताकि पीने के पानी की गुणवत्ता की पुष्टि की जा सके। प्रशासन के अनुसार सभी छात्राओं की हालत अब खतरे से बाहर है और उनकी स्थिति में लगातार सुधार हो रहा है।
आजमगढ़ के शहर कोतवाली क्षेत्र में शराब के नशे में चाकू बाजी करने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। इस मामले में पीड़ित नागेंद्र यादव ने पुलिस को शिकायती पत्र देकर आरोप लगाया कि बड़े भाई रविंदर यादव जब बंसी बाजार में सामान लेने गए थे। वहीं गांव के संदीप यादव ने शराब के नशे में गाली गलौज करते हुए जान से मारने की नीयत से चाकू से हमला कर दिया। चाकू लगने से रविंद्र यादव गंभीर रूप से घायल हो गए थे। जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया था। जहां डॉक्टरों ने हायर सेंटर के लिए रेफर कर दिया। इस मामले में पीड़ित की तारीख पर मुकदमा दर्ज किया गया था और आरोपी की तलाश की जा रही थी। शराब के ठेके के पास से गिरफ्तारी मामले की विवेचना करें सब इंस्पेक्टर मिथलेश कुमार ने बताया कि आरोपी संदीप यादव की तलाश की जा रही थी। किसी भी पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी देसी शराब के ठेके के पास है। इस सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया। आरोपी के कब्जे से चाकू भी बरामद कर लिया गया आरोपी को न्यायालय भेजा जा रहा है। जहां से जेल रवाना किया जाएगा। पुलिस मामले में वैधानिक कार्रवाई में जुटी हुई है।
संभल जिले में एक महिला को तेल छिड़ककर आग लगाने का मामला सामने आया है। गंभीर रूप से झुलसी महिला की दिल्ली में इलाज के दौरान मौत हो गई। घटना के बाद से गांव के लोग चुप्पी साधे हुए हैं और पुलिस को कोई जानकारी नहीं दे रहे हैं। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच कर रही है। यह घटना संभल के गुन्नौर थाना क्षेत्र के रसूलपुर गांव की है। मृतक महिला की पहचान अनेकश्री (44) पत्नी स्वर्गीय किशनपाल के रूप में हुई है। रविवार और सोमवार की दरमियानी रात करीब 3:30 बजे कुछ अज्ञात लोग घर में घुस आए। उन्होंने सो रही अनेकश्री को उठाकर दूसरे कमरे में ले जाकर मारपीट की और फिर तेल छिड़ककर आग लगा दी। महिला की चीख सुनकर उसका 15 वर्षीय बेटा जाग गया। शोर मचने पर हमलावर अनेकश्री को झुलसी हालत में छोड़कर फरार हो गए। परिवार के सदस्यों ने तुरंत महिला को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) गुन्नौर में भर्ती कराया। सीएचसी गुन्नौर में प्राथमिक उपचार के बाद, 70 प्रतिशत से अधिक झुलसी महिला को बेहतर इलाज के लिए अलीगढ़ रेफर किया गया। वहां से उसे दिल्ली के सफदरगंज अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई ने बताया कि रसूलपुर गांव की एक महिला की मौत हुई है। घटना को लेकर कई तरह की बातें सामने आ रही हैं, लेकिन परिजनों की ओर से अभी तक कोई शिकायत नहीं मिली है। उन्होंने आश्वासन दिया कि इस घटना में जो भी दोषी होगा, उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। पुलिस फिलहाल मामले की गहनता से जांच कर रही है।
ग्वालियर के इंदरगंज थाना क्षेत्र से एक अनोखा मामला सामने आया है। यहां पड़ोसी के घर से नाबालिग बेटे को वापस लाने पहुंचे माता-पिता का महिला पड़ोसी से विवाद हो गया। महिला ने घटना का वीडियो बनाकर पिता के खिलाफ मारपीट की शिकायत दर्ज कराई है। इसी आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज किया है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर भी वायरल हो रहा है। मामला हनुमान नगर का है। बताया गया है कि कल्ला खटीक का 17 वर्षीय बेटा पड़ोस में रहने वाली नेहा के घर चला गया था। काफी देर तक घर नहीं लौटने पर पिता कल्ला और उसकी पत्नी बेटे को बुलाने के लिए रविवार रात नेहा के घर पहुंचे। बताया जा रहा है कि नाबालिग घर लौटने को तैयार नहीं था। इस दौरान जब माता-पिता उसे जबरदस्ती अपने साथ ले जाने लगे, तो नेहा और दंपती के बीच कहासुनी शुरू हो गई। विवाद बढ़ने पर नेहा ने मोबाइल से वीडियो रिकॉर्ड कर लिया, जिसमें नाबालिग के साथ मारपीट और झगड़ा होता दिखाई दे रहा है। इसके बाद नेहा वीडियो लेकर सीधे इंदरगंज थाने पहुंची और कल्ला खटीक व उसकी पत्नी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। महिला ने पुलिस को वीडियो भी सौंपा है। पुलिस ने कल्ला खटीक के खिलाफ मारपीट का मामला दर्ज कर लिया है। फिलहाल वीडियो और दोनों पक्षों के बयानों के आधार पर मामले की जांच की जा रही है।
गोंडा के आर्यनगर-कटरा मार्ग पर एक तेज रफ्तार स्कॉर्पियो ने सोमवार दोपहर ई-रिक्शा को टक्कर मार दी। इस हादसे में ई-रिक्शा पर सवार और पास खड़े दो किशोर गंभीर रूप से घायल हो गए। टक्कर इतनी भीषण थी कि स्कॉर्पियो अनियंत्रित होकर करीब 100 मीटर दूर खेत में जा गिरी। घटना मिशन शांतीनगर अस्पताल मोड़ के पास हुई। पुलिस ने स्कॉर्पियो को कब्जे में लिया है। हादसे की 2 तस्वीरें… जानिए पूरा मामला… दरअसल, रामापुर की ओर से आ रही स्कॉर्पियो ने पीछे से खड़े ई-रिक्शे को टक्कर मारी। घायलों की पहचान चरेरा गांव निवासी निर्मल और शनि के रूप में हुई है। आसपास मौजूद लोगों ने तत्काल दोनों घायल किशोरों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज गोंडा रेफर कर दिया। स्कॉर्पियो में सवार महिलाएं इस हादसे में सुरक्षित बताई जा रही हैं। टक्कर के बाद वाहन खेत में जाकर रुका, जिससे बड़ा हादसा टल गया। इंस्पेक्टर मनोज पाठक ने बताया कि घायलों को अस्पताल भेजा गया है। तहरीर मिलने के बाद मामले में रिपोर्ट दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
एटा जिले के शीतलपुर विकासखंड क्षेत्र के ग्राम प्रधानों ने खंड विकास अधिकारी कार्यालय प्रांगण में एकत्रित होकर पंचायत चुनाव समय पर कराने या प्रधानों का कार्यकाल बढ़ाने की मांग की है। अखिल भारतीय प्रधान संगठन ने मुख्यमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन खंड विकास अधिकारी के माध्यम से सौंपा। संगठन के पदाधिकारियों ने मांग की है कि यदि निर्धारित समयावधि में पंचायत चुनाव कराना संभव न हो, तो ग्राम प्रधानों का कार्यकाल बढ़ाया जाए। उनका तर्क है कि इससे लोकतांत्रिक व्यवस्था बाधित नहीं होगी। संगठन के प्रदेश अध्यक्ष संतोष यादव की ओर से दिए गए ज्ञापन में बताया गया है कि ग्राम प्रधानों का कार्यकाल 26 मई 2026 को समाप्त हो रहा है। वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए समय पर पंचायत चुनाव संपन्न होने की संभावना कम है। ज्ञापन में आशंका जताई गई है कि यदि निर्वाचित प्रतिनिधियों के स्थान पर प्रशासकों की नियुक्ति की जाती है, तो इससे लोकतांत्रिक मूल्यों को क्षति पहुंच सकती है। ज्ञापन में कोरोना काल का भी हवाला दिया गया, जब पंचायतों में प्रशासकों की नियुक्ति के बाद वित्तीय अनियमितताओं और भ्रष्टाचार की शिकायतें सामने आई थीं। इससे ग्रामीण विकास कार्य प्रभावित हुए थे। संगठन का कहना है कि ग्राम प्रधान सीधे जनता से जुड़े जनप्रतिनिधि होते हैं और ग्रामीण स्तर पर विकास कार्यों को जिम्मेदारी से संचालित करते हैं। संगठन ने मुख्यमंत्री से पंचायत चुनाव समय पर कराने या विशेष परिस्थितियों में ग्राम प्रधानों के कार्यकाल विस्तार पर सकारात्मक निर्णय लेने का आग्रह किया है। इस संबंध में ज्ञापन खंड विकास अधिकारी को सौंपा गया। इस अवसर पर ब्लाक प्रमुख पुष्पेंद्र लोधी ने बताया कि समस्त ग्राम प्रधानों ने एकत्रित होकर लिखित ज्ञापन सौंपा है, जिसमें प्रधानों का कार्यकाल बढ़ाने और समय पर चुनाव कराने की मांग प्रमुखता से उठाई गई है। ज्ञापन सौंपने वालों में प्रिया राजपूत, कुसुमदेवी, विमला लोधी, विवेक कुमार, सुमन यादव, कुसमा देवी, योगेंद्र कुमार, पवन कुमार, नीलम कुमारी प्रधान, नीरज कुमार, विनोद प्रधान और केशव कुमार (प्रधान) शामिल थे।
बदायूं में बर्फ लदे लोडर की ऑटो से भिड़ंत:एक महिला की मौत, 6 लोग घायल, रोड पर फैली बर्फ की सिल्लियां
बदायूं में एक लोडर और ऑटो की आमने-सामने की टक्कर हो गई। इस हादसे में ऑटो सवार एक महिला की मौत हो गई, जबकि छह अन्य लोग घायल हो गए। घटना के बाद सड़क पर बर्फ की सिल्लियां बिखर गईं, जिससे आवागमन बाधित हो गया। यह हादसा बिसौली कोतवाली क्षेत्र के धुबियाताल के पास हुआ। जानकारी के अनुसार, एक ऑटो रानेट से सवारियां लेकर बिसौली की ओर जा रहा था। तभी विपरीत दिशा से आ रहे बर्फ की सिल्ली लदे लोडर से उसकी भिड़ंत हो गई। हादसे में वजीरगंज थाना क्षेत्र के टिकुरी कलिया गांव निवासी गुड्डो (45) पत्नी सुनील की मौत हो गई। घायलों में मुड़िया धुरेकी थाना फैजगंज बेहटा निवासी राजवती (50) पत्नी कातीराम और पूजा (30) पत्नी संजीव शामिल हैं। इनके अलावा, आंवला, बरेली के रसूला गांव निवासी मेवाराम (65), वजीरगंज थाना क्षेत्र के लहरा गांव निवासी सूरजभान (60) और उनकी बेटी सावित्री (22) व बिसौली थाना क्षेत्र के अजनावर गांव निवासी नेकसू भी घायल हुए हैं। टक्कर के बाद सड़क पर बर्फ की सिल्लियां फैल गईं, जिससे यातायात बाधित हो गया और एक नए हादसे की आशंका पैदा हो गई। पुलिस ने तत्काल मौके पर पहुंचकर बर्फ हटवाई और आवागमन सुचारु कराया। सभी घायलों को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया। गुड्डो देवी की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें जिला अस्पताल रेफर किया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी मृत्यु हो गई। बिसौली के एसएचओ कमलेश मिश्रा ने बताया कि इस हादसे में एक महिला की जान गई है। उन्होंने यह भी पुष्टि की कि अन्य घायलों में से किसी को भी गंभीर चोटें नहीं आई हैं। महिला का शव कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
गिरिडीह जिले के सरिया थाना क्षेत्र में एक जंगली हाथी के हमले में 30 वर्षीय कौशर अंसारी की मौत हो गई। यह घटना सोमवार को गडैया गांव में हुई। पिछले दो दिनों में हाथी के हमले से यह दूसरी मौत है, जिससे ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। जानकारी के अनुसार, सोमवार को कौशर अंसारी अपने घर के पास खेत में बांस काट रहे थे। इसी दौरान गांव के आसपास घूम रहे जंगली हाथी ने अचानक उन पर हमला कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि हाथी ने पहले युवक को सूंड से उठाकर जमीन पर पटका और फिर पैरों से कुचल दिया, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई। युवक की चीख-पुकार सुनकर ग्रामीण मौके की ओर दौड़े, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। घटना के बाद मृतक के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। लगातार हो रही इन घटनाओं से ग्रामीणों में भय व्याप्त है और लोग घरों से बाहर निकलने में भी डर महसूस कर रहे हैं। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। हालांकि, ग्रामीणों ने मृतक के शव के साथ विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने वन विभाग के खिलाफ जमकर नाराजगी जताई और आरोप लगाया कि क्षेत्र में हाथियों का आतंक लगातार बना हुआ है, लेकिन विभाग द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाए जा रहे हैं। इस विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व भाकपा माले नेता और उप प्रमुख हरेन्द्र कुमार सिंह कर रहे थे। उन्होंने इस घटना को दुखद बताते हुए वन विभाग से तत्काल हाथी को आबादी क्षेत्र से खदेड़ने के लिए विशेष अभियान चलाने की मांग की। साथ ही, उन्होंने पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा और सरकारी सहायता प्रदान करने की भी मांग की।
लखनऊ में चेंबर हटाने पर अधिवक्ताओं का आक्रोश:पुरवा में न्यायिक कार्य ठप किया, एसडीएम को सौंपा ज्ञापन
उन्नाव के पुरवा तहसील में सोमवार को अधिवक्ताओं ने लखनऊ में चेंबर हटाए जाने के विरोध में प्रदर्शन किया। इस दौरान अधिवक्ताओं ने कार्य का बहिष्कार कर प्रशासन और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की, जिससे न्यायिक और प्रशासनिक कार्य प्रभावित हुए। अधिवक्ताओं ने तहसील मुख्यालय पर एकत्रित होकर पुलिस प्रशासन मुर्दाबाद और अधिवक्ताओं का उत्पीड़न बंद करो जैसे नारे लगाए। उनका कहना था कि लखनऊ में वकीलों के चेंबर हटाने की कार्रवाई दुर्भाग्यपूर्ण है और इससे अधिवक्ता समाज की गरिमा को ठेस पहुंची है। उन्होंने प्रशासन पर अधिवक्ताओं की समस्याओं को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया। बार एसोसिएशन पुरवा के अध्यक्ष श्याम लाल सोनी ने कहा कि अधिवक्ता न्याय व्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं और उनके साथ इस प्रकार का व्यवहार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि अधिवक्ताओं की मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। अधिवक्ताओं के कार्य बहिष्कार के कारण तहसील, सिविल कोर्ट और रजिस्ट्रार कार्यालय में कामकाज ठप रहा। इससे दूर-दराज से आए फरियादियों और अन्य लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। कई मामलों की सुनवाई टल गई और रजिस्ट्री सहित अन्य प्रशासनिक कार्य बाधित रहे। प्रदर्शन के बाद अधिवक्ताओं ने उपजिलाधिकारी (एसडीएम) प्रमेश श्रीवास्तव को एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में लखनऊ में अधिवक्ताओं के चेंबर हटाने की कार्रवाई पर नाराजगी व्यक्त करते हुए मामले में तत्काल हस्तक्षेप की मांग की गई। अधिवक्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं निकाला गया तो प्रदेशव्यापी आंदोलन किया जाएगा। तहसील परिसर में दिनभर गहमागहमी का माहौल बना रहा। प्रशासनिक अधिकारियों ने अधिवक्ताओं को शांत कराने का प्रयास करते हुए उनकी मांगों को शासन तक पहुंचाने का आश्वासन दिया। हालांकि, अधिवक्ताओं ने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी मांगों पर उचित कार्रवाई नहीं होगी, उनका आंदोलन जारी रहेगा।
गोरखपुर में गर्मी का असर लगातार बढ़ता जा रहा है। पिछले दो दिनों से तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच रहा है। तेज धूप और उमस भरी गर्मी की वजह से लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सबसे ज्यादा दिक्कत रेलवे स्टेशन और बस स्टेशन पर सफर करने वाले यात्रियों को हो रही है। रेलवे स्टेशन पर गर्मी से बेहाल दिखे यात्रीगोरखपुर रेलवे स्टेशन पर यात्रियों की भीड़ गर्मी से परेशान नजर आई। प्लेटफार्म पर कई लोग हाथ से हवा करते दिखाई दिए, क्योंकि कुछ जगहों पर पंखे या तो बहुत धीमे चल रहे थे या फिर बंद पड़े थे। कई यात्री गर्मी से राहत पाने के लिए मुंह धोते नजर आए। रेलवे प्रशासन की तरफ से यात्रियों के लिए पानी पीने की व्यवस्था की गई है। स्टेशन के लगभग सभी प्लेटफार्म पर 5 रुपये में 1 लीटर ठंडा पानी उपलब्ध कराया जा रहा है। इसके अलावा यात्रियों को गर्मी से राहत देने के लिए पंखे भी लगाए गए हैं। हालांकि, दैनिक भास्कर की पड़ताल में प्लेटफार्म पर कई खामियां भी सामने आईं। प्लेटफार्म नंबर 3 और 4 के बीच लगा एक पंखा खराब मिला। कुछ यात्रियों ने शिकायत की कि कई पंखे बहुत धीमे चल रहे हैं, जिससे गर्मी कम नहीं हो रही। यात्रियों ने बताई अपनी परेशानीदैनिक भास्कर के रिपोर्टर ने जब यात्रियों से बातचीत की तो उन्होंने स्टेशन की व्यवस्थाओं को लेकर नाराजगी जताई।एक यात्री ने कहा “यहां पंखा काफी स्लो चल रहा है, जिससे गर्मी लगातार लग रही है। वहीं दूसरे यात्री ने बताया “लिफ्ट के अंदर का पंखा बंद रहता है, जिससे अंदर घुटन होती है। इस मामले पर पूर्वोत्तर रेलवे के सीपीआरओ सुमित कुमार ने कहा कि- गर्मियों में यात्रियों के लिए पानी की व्यवस्था, सफाई और पंखों के इंतजाम किए गए हैं। जहां पंखे नहीं चल रहे हैं, वहां निर्देश दिया गया है कि उन्हें जल्द से जल्द ठीक कराया जाए। बस स्टेशन पर भी यात्रियों की शिकायतदूसरी तरफ बस स्टेशन पर यात्रियों की भीड़ अपेाकृत कम दिखी, लेकिन वहां भी व्यवस्थाओं को लेकर लोगों में नाराजगी नजर आई। यात्रियों का कहना है कि बस स्टेशन पर सुविधाएं संतोषजनक नहीं हैं। यहां आरो का एक प्लांट खराब पड़ा मिला। यात्रियों ने सफाई व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। एक महिला यात्री ने बताया कि शौचालय में टोटी टूट गई है, जिसकी वजह से पानी की सप्लाई नहीं हो रही। स्टेशन मैनेजर ने दिया भरोसाइस मामले पर स्टेशन मैनेजर ने कहा साफ-सफाई रोज कराई जाती है। कुछ चीजों पर काम चल रहा है। जल्द ही दिक्कतों को दूर कर लिया जाएगा। गर्मी लगातार बढ़ रही है। ऐसे में रेलवे और बस स्टेशन जैसे सार्वजनिक स्थानों पर यात्रियों के लिए बेहतर इंतजाम करना जरूरी हो गया है, ताकि लोगों को राहत मिल सके।
सुलतानपुर में एक शिक्षक पर कथित 'फर्जी' मुकदमा दर्ज होने के विरोध में शिक्षकों और सामाजिक संगठनों ने प्रदर्शन किया। उन्होंने मामले की निष्पक्ष न्यायिक जांच और दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की मांग की है। सोमवार को 'मोस्ट कल्याण संस्थान' और 'सोम्स शिक्षक महासभा' के पदाधिकारियों ने कलेक्ट्रेट पर एकत्रित होकर जिलाधिकारी को संबोधित एक ज्ञापन अतिरिक्त मजिस्ट्रेट शिव प्रसाद को सौंपा। यह मामला बल्दीराय थाना क्षेत्र के वलीपुर स्थित एक कॉलेज से जुड़ा है। कॉलेज के शिक्षक राजेश गौतम पर पुलिस ने एक मुकदमा दर्ज किया है, जिसे विभिन्न सामाजिक संगठनों और शिक्षक समुदाय ने 'फर्जी' और 'मनगढ़ंत' बताया है। ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि शिक्षक राजेश गौतम ने 26 जनवरी को कॉलेज के एक क्लर्क के खिलाफ डॉ. भीमराव आंबेडकर पर अभद्र टिप्पणी करने के आरोप में एफआईआर दर्ज कराई थी। संगठनों का आरोप है कि इसी मामले में क्लर्क को बचाने, समझौता कराने का दबाव बनाने और बदले की भावना से पुलिस की मिलीभगत से राजेश गौतम के खिलाफ गंभीर धाराओं में 'फर्जी' मुकदमा दर्ज किया गया है। मोस्ट कल्याण संस्थान के जनरल सेक्रेटरी (सेवानिवृत्त नेवी ऑफिसर) राम उजागर यादव ने प्रशासन से कई मांगें की हैं। इनमें शिक्षक राजेश गौतम पर दर्ज मुकदमे की उच्च स्तरीय न्यायिक जांच, साजिश में शामिल लोगों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई, 'फर्जी' मुकदमे को तत्काल वापस लेना और फर्जी एफआईआर दर्ज करने वाले संबंधित थानाध्यक्ष व अन्य दोषी पुलिसकर्मियों को निलंबित/बर्खास्त कर कानूनी कार्रवाई करना शामिल है। संगठन ने यह भी मांग की है कि शैक्षणिक माहौल बनाए रखने के लिए शिक्षकों और कर्मचारियों का सम्मान व सुरक्षा सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह के उत्पीड़न की पुनरावृत्ति न हो। यहां पर मास्टर श्याम लाल निषाद, जीशान आदि मौजूद रहे।
कासगंज जिले के अमॉपुर थाना क्षेत्र में एक अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार 28 वर्षीय सेल्समैन सोनू की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मृतक की पहचान पप्पू उर्फ हेम सिंह के पुत्र सोनू के रूप में हुई है, जो अमॉपुर कोतवाली क्षेत्र के खेरिया गांव का निवासी था। सोनू कासगंज के राज कोल्ड स्टोरेज चौराहे स्थित शराब के ठेके पर सेल्समैन के रूप में कार्यरत था। बताया गया है कि सोनू ठेके से अपनी बाइक पर सवार होकर घर खेरिया जा रहा था। अमापुर-कासगंज मार्ग पर नगला चिंती के समीप पहुंचते ही एक तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने उसकी बाइक को टक्कर मार दी। इस हादसे में सोनू गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद आसपास खेतों में काम कर रहे ग्रामीण मौके पर जमा हो गए और उन्होंने एम्बुलेंस को सूचना दी। एम्बुलेंस द्वारा सोनू को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अमॉपुर पुलिस ने जिला अस्पताल पहुंचकर शव का पंचनामा भरा और उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
लोकायुक्त इंदौर की टीम ने सोमवार को धार जिला शिक्षा केंद्र में पदस्थ जिला परियोजना समन्वयक प्रदीप कुमार खरे को एक लाख रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। उन पर निर्माण कार्यों के पूर्णता प्रमाण पत्र पर हस्ताक्षर करने के एवज में 17 लाख रुपए की रिश्वत मांगने का आरोप है। लोकायुक्त इंदौर से मिली जानकारी के अनुसार, यह मामला समग्र शिक्षा अभियान के तहत जिले के विभिन्न शासकीय विद्यालय परिसरों में 122 शौचालयों के निर्माण से जुड़ा है। इन कार्यों के लिए लगभग 3 करोड़ 42 लाख रुपए स्वीकृत हुए थे। आवेदक दिलीप साधव, जो जिला शिक्षा केंद्र धार में प्रभारी सहायक यंत्री हैं, इन निर्माण कार्यों का सुपरविजन कर रहे थे। 5 प्रतिशत कमीशन मांग रहे थेशिकायत में बताया गया कि जिला परियोजना समन्वयक प्रदीप कुमार खरे निर्माण कार्य पूर्ण होने से पहले ही पूर्णता प्रमाण पत्र पर हस्ताक्षर करने के बदले 5 प्रतिशत कमीशन के रूप में 17 लाख रुपए की रिश्वत की मांग कर रहे थे। आवेदक दिलीप साधव ने इसकी शिकायत लोकायुक्त पुलिस अधीक्षक राजेश सहाय से की। शिकायत के सत्यापन में मामला सही पाए जाने के बाद सोमवार को एक ट्रैप दल का गठन किया गया। लोकायुक्त टीम ने आरोपी खरे को रिश्वत की पहली किश्त के रूप में 1 लाख रुपए लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया। आरोपी प्रदीप कुमार खरे के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण संशोधन अधिनियम 2018 की धारा 7 के तहत धार के सर्किट हाउस में कार्रवाई की गई। इस कार्रवाई में कार्यवाहक निरीक्षक सचिन पटेरिया, कार्यवाहक प्रधान आरक्षक आशीष शुक्ला, आरक्षक विजय कुमार, कमलेश परिहार, मनीष माथुर, कृष्णा अहिरवार और प्रभात मोरे शामिल रहे।
झांसी के मऊरानीपुर में एक रेडियम व्यापारी गौरव ताम्रकार की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। उनकी मौत से पहले का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें उन्होंने अपनी पत्नी और ससुराल पक्ष पर गंभीर आरोप लगाए हैं। मृतक के भाई ने कोतवाली पुलिस को प्रार्थना पत्र देकर हत्या का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की है। मौत से पहले व्यापारी ने कहा था- मुझे मेरी पत्नी, कविता देवी, सासु और ससुर (रिटायर्ड टीचर) ये लोग इतना परेशान किए-इताना परेशान किए कि मुझे अपने-आप में ये लगने लगा कि फांसी लगा लूं। मैं एक व्यापारी हूं पूरे क्षेत्र में मेरा नाम है। मेरी पत्नी न समय पे खाना न पानी देती। मैं अपने पत्नी के नाम 10 लाख रुपए का जमीन लिया था जिकि इसी चक्कर में मेरी सासु दिमांग लगाया कि इसे अब बहुत परेशान करो...उस चक्कर में मेरी पत्नी और सासु बहुत परेशान कर रही हैं। हमे 10 दिन हो गया भटकते-भटकते पागल हो गए सो नहीं पा रहे हैं मेरी इस समय आंखें दर्द कर रही हैं। पूरा दिन नहाए नहीं हूं, बहुत परेशान हूं और अब मन कर रहा है कि फांसी लगा लूं। और मेरे मरने की जिम्मेदार मेरी पत्नी और ससुराल वाले होंगे। अब जानिए पूरा मामला… जानकारी के अनुसार, मृतक गौरव (38) पीलिया के इलाज के लिए चंदेरा, मध्य प्रदेश गए थे। घर लौटते समय खदीयन चौराहे के पास उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई और वे बेहोश होकर गिर गए। आसपास के लोगों ने 112 नंबर पर पुलिस को सूचना दी। पुलिस गौरव को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मऊरानीपुर ले गई, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। गौरव एक व्यापारी था और 'राज रेडियम' के नाम से अपनी दुकान चलाते थे, जो कि मऊरानीपुर बाजार में रेडियम के काम के लिए प्रसिद्ध थी। सात साल पहले हुआ था प्रेम विवाह वायरल वीडियो में गौरव ताम्रकार ने बताया कि मैं एक व्यापारी हूं जोकि मऊरानीपुर बाजार में 'राज रेडियम' के नाम से मेरी दुकान प्रसिद्ध है। आगे कहा- करीब सात साल पहले उन्होंने आर्य समाज मंदिर में हरपालपुर निवासी एक युवती से प्रेम विवाह किया था। गौरव ने आरोप लगाया कि शादी के कुछ समय बाद से ही उनकी पत्नी, सास-ससुर और साला उनके पैसे और संपत्ति के पीछे पड़ गए थे। विरोध करने पर उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था और झूठी शिकायतों के माध्यम से परेशान किया जाता था। 35 लाख रुपए की जमीन का बैनामा गौरव ने वीडियो में यह भी आरोप लगाया कि उनसे जबरन उनके पैसों से जलालपुरा मौजा में करीब 35 लाख रुपए की जमीन का बैनामा कराया गया था। अब ससुराल पक्ष उस जमीन को बेचने का दबाव बना रहा था। बड़े भाई ने कोतवाली में दी तहरीर वीडियो वायरल होने के बाद मृतक के भाई सौरभ ताम्रकार ने कोतवाली प्रभारी को प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया कि गौरव की मौत कोई सामान्य घटना नहीं बल्कि सुनियोजित साजिश का नतीजा है। उन्होंने पत्नी और ससुराल पक्ष के खिलाफ मामला दर्ज कर कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है। वायरल वीडियो को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है। कोतवाल प्रभारी मुकेश कुमार सोलंकी ने बताया- मृतक के भाई के तरफ से प्रार्थना पत्र प्राप्त हुआ है, और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। वायरल वीडियो की जांच की जा रही है और उसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मुजफ्फरनगर के जानसठ में एक युवक की मौत के बाद स्वास्थ्य विभाग ने सोमवार को बड़ी कार्रवाई की। विभाग ने जानसठ स्थित माही मेडिकल सेंटर को पूरी तरह सील कर दिया। यह कार्रवाई 32 वर्षीय एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत की सूचना मिलने के बाद की गई। सूचना मिलते ही उपमुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अजय कुमार के नेतृत्व में एक टीम ने अस्पताल पर छापा मारा, जहां जांच में कई गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। जांच में पाया गया कि माही मेडिकल सेंटर आयुष विभाग में पंजीकृत था, लेकिन मौके पर पंजीकृत चिकित्सक डॉ. अवलीन मौजूद नहीं थे। इसके अलावा, अस्पताल का ऑपरेशन थिएटर पहले से ही सील था, बावजूद इसके सेंटर में कथित तौर पर गतिविधियां जारी थीं। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अस्पताल के दस्तावेजों, उपचार व्यवस्था और संचालन प्रणाली की गहन जांच की। इसमें कई नियमों का उल्लंघन पाया गया। इसके बाद माही मेडिकल सेंटर को पूरी तरह सील कर दिया गया और उसके संचालक को नोटिस जारी किया गया है। विभाग ने कहा है कि मामले में नियमानुसार कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उपमुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अजय कुमार ने बताया कि जनपद में अवैध और नियम विरुद्ध संचालित अस्पतालों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा। उन्होंने चेतावनी दी कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस कार्रवाई के दौरान जानसठ के प्रभारी चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अर्जुन सिंह भी मौजूद थे।
रामपुर जिला अस्पताल में सीटी स्कैन जांच को लेकर मरीजों और उनके तीमारदारों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। डॉक्टरों द्वारा लिखे गए सीटी स्कैन के पर्चों पर मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (सीएमएस) के काउंटर साइन के बाद ही जांच हो पा रही है, जिससे मरीजों को लंबी प्रक्रिया से गुजरना पड़ रहा है। जिला अस्पताल के सीएमएस बी.सी. सक्सेना ने इस व्यवस्था का कारण बताया। उनके अनुसार, कई लोग डॉक्टरों पर अनावश्यक रूप से सीटी स्कैन कराने का दबाव डालते हैं। उन्होंने एक मरीज के तीमारदार को समझाते हुए कहा कि इलाज डॉक्टर की सलाह पर आधारित होना चाहिए, न कि जांच के लिए दबाव बनाने पर। वास्तविक आवश्यकता होने पर ही सीटी स्कैन किया जाएगा। यह नई व्यवस्था केवल जिला अस्पताल के मरीजों तक सीमित नहीं है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (सीएचसी) और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (पीएचसी) से आने वाले मरीजों के सीटी स्कैन पर्चों को भी सीधे स्वीकार नहीं किया जा रहा है। इन सभी मामलों में पहले सीएमएस के हस्ताक्षर अनिवार्य किए गए हैं। अस्पताल परिसर में इस व्यवस्था को लेकर चर्चाएं गर्म हैं। एक ओर डॉक्टर मरीज की स्थिति के आधार पर सीटी स्कैन लिख रहे हैं, वहीं दूसरी ओर सीएमएस की अनुमति के बिना जांच संभव नहीं है। इससे यह सवाल उठ रहा है कि क्या सीटी स्कैन लिखने वाले डॉक्टरों के अधिकार सीमित किए जा रहे हैं, या सीएमएस अपनी प्रशासनिक जिम्मेदारी निभा रहे हैं। इस पूरी प्रक्रिया के कारण सबसे अधिक परेशानी मरीजों और उनके परिजनों को हो रही है। उन्हें जांच के लिए अस्पताल के कई चक्कर लगाने पड़ रहे हैं, जिससे उनके इलाज में भी देरी हो रही है।
नागौर शहर के ऐतिहासिक गिनाणी तालाब की एक साल से टूटी दीवार को लेकर अब लोगों का गुस्सा फूट पड़ा है। आक्रोशित शहरवासियों ने नगर परिषद और कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। इसके बाद जिला कलेक्टर देवेन्द्र कुमार को ज्ञापन सौंपकर तालाब की सुरक्षा दीवार जल्द बनवाने की मांग की। लोगों का आरोप है कि बजट की वित्तीय और प्रशासनिक स्वीकृति जारी होने के बाद भी नगर परिषद प्रशासन काम शुरू नहीं करवा रहा है, जिससे यहां कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। इस मामले में नागौर नगरपरिषद के कार्यवाहक आयुक्त गोविन्द सिंह भींचर ने बताया कि DMFT (आपदा प्रबंधन राहत कोष) से इस सड़क के लिए फंड जारी हो गया है और DLB से स्वीकृति के लिए गया हुआ है। आगामी एक दो दिन में इसका काम शुरू हो जाएगा। हादसे का डर वार्डवासियों ने बताया कि पिछले साल भारी बारिश के दौरान गिनाणी तालाब की दीवार ढह गई थी। इसके बाद नगर परिषद ने केवल लकड़ी की बल्लियां लगाकर इतिश्री कर ली, लेकिन आज तक स्थायी सुरक्षा दीवार का निर्माण शुरू नहीं कराया गया। तालाब के आसपास हर समय लोगों और वाहनों की आवाजाही रहती है, जिससे हादसे का डर बना रहता है। प्रदर्शनकारियों ने नगर परिषद अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि स्वीकृति मिलने के बाद भी काम फाइलों में अटका हुआ है। जिला कलेक्टर ने मामले को गंभीरता से लेते हुए उचित कार्रवाई का भरोसा दिया है।
जहानाबाद में सोमवार को ड्राफ्ट जीआईएस आधारित मास्टर प्लान-2045 प्रस्ताव (स्टेज-5) को लेकर हितधारकों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में शहर के भविष्य के विकास, सुंदरीकरण और आधारभूत संरचना को मजबूत बनाने पर विस्तार से चर्चा हुई। बैठक में जहानाबाद के सांसद सुरेंद्र प्रसाद यादव, जहानाबाद विधायक राहुल शर्मा, घोसी विधायक ऋतुराज और मखदुमपुर विधायक सूबेदार दास सहित कई जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी और शहर विकास से जुड़े पदाधिकारी भी मौजूद रहे। बैठक के दौरान जहानाबाद शहर के समग्र विकास पर कई अहम मुद्दों पर चर्चा की गई। इसमें आने वाले वर्षों में सड़कों का व्यापक निर्माण, अंडरपास, आधुनिक अस्पताल, चिल्ड्रन पार्क और अन्य आधारभूत सुविधाओं के विकास के प्रस्तावों पर विचार किया गया। शहर को आधुनिक और सुव्यवस्थित रूप देने के लिए नई योजनाओं को धरातल पर उतारने की आवश्यकता पर जोर दिया गया। सांसद सुरेंद्र प्रसाद यादव ने जहानाबाद के सुंदरीकरण और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए महत्वपूर्ण सुझाव दिए। उन्होंने दीर्घकालिक योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने पर जोर दिया। जहानाबाद विधायक राहुल शर्मा ने कहा कि शहर में कई ऐसी योजनाएं हैं, जिन्हें जल्द लागू करना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने मास्टर प्लान के माध्यम से जहानाबाद को एक विकसित और आधुनिक शहर बनाने की बात कही। बैठक में औद्योगिक क्षेत्रों के विकास और नए इंडस्ट्रियल जोन स्थापित करने को लेकर भी चर्चा हुई। इसका उद्देश्य रोजगार के नए अवसर पैदा करना और शहर को आर्थिक रूप से मजबूत बनाना है। यह पूरी बैठक शहर के सुनियोजित विकास और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए आयोजित की गई थी, जिसमें जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने अपने-अपने सुझाव साझा किए।
कभी अराजकता का अड्डा माना जाने वाला रामगढ़ताल आज पर्यटन का पसंदीदा केंद्र बना है। CM योगी आदित्यनाथ के ड्रीम प्रोजेक्ट के कारण इसका तेजी से विकास हुआ। आज यह ताल वाटर स्पोर्ट्स का केंद्र बन चुका है। मुख्यमंत्री के प्रयास से यहां 49 करोड़ रुपये की लागत से वाटर स्पोर्ट्स कांप्लेक्स बनने के बाद इस ताल की स्थिति में आमूलचूल बदलाव आया। राष्ट्रीय स्तर की रोइंग प्रतियोगिताओं की लगातार मेजबानी रामगढ़ताल को मिलने लगी है। 3 साल के अंदर यहां नेशनल लेवल रोइंग की 3 सफल प्रतियोगिताएं हो चुकी हैं और राष्ट्र स्तरीय चौथी प्रतियोगिता सोमवार से शुरू हुई है। इसके साथ ही रामगढ़ताल एशियाड रोइंग की तैयारी के लिए राष्ट्रीय महिला टीम के विशेष प्रशिक्षण शिविर की शानदार मेजबानी भी कर चुका है। वाटर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स बनाए जाने के बाद रामगढ़ताल वाटर स्पोर्ट्स के क्षेत्र में, खासकर रोइंग प्रतियोगिताओं के लिए महत्वपूर्ण प्लेटफार्म बनकर उभरा है। रोइंग फेडरेशन ऑफ इंडिया की तरफ से प्रतियोगिताओं के आयोजन के लिए रामगढ़ताल को खासी वरीयता दी जा रही है। वाटर स्पोर्ट्स के लिए समूचे उत्तर भारत के लिए महत्वपूर्ण इस वेन्यू पर, फेडरेशन रोइंग एकेडमी भी स्थापित करने की तैयारी में है। रामगढ़ताल के किनारे वाटर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स बनने के बाद यहां सबसे पहले मई 2023 के खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स की रोइंग प्रतियोगिता का सफल आयोजन हुआ था। इस प्रतियोगिता में देशभर के विश्वविद्यालयों से करीब ढाई सौ खिलाड़ी शामिल हुए थे। इसके बाद यहां अक्टूबर 2024 में रोइंग फेडरेशन ऑफ इंडिया की मेजबानी में सब जूनियर राष्ट्रीय रोइंग प्रतियोगिता हुई। इस प्रतियोगिता में खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी आए थे। राष्ट्रीय स्तर की रोइंग प्रतियोगिताओं के आयोजन, रोइंग के लिए मानक के अनुरूप इंफ्रास्ट्रक्चर को देखते हुए रामगढ़ताल में ही, एशियाड 2026 में प्रतिभाग के लिए राष्ट्रीय महिला रोइंग टीम के कैंप का आयोजन इस वर्ष मार्च माह में हुआ था। यह रोइंग भारतीय रोइंग के इतिहास में पहली बार उत्तर प्रदेश को रोइंग के राष्ट्रीय प्रशिक्षिण शिविर की मेजबानी मिली थी। इस मई माह में रोइंग की दो राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं ने रामगढ़ताल का नाम पूरे देश में प्रतिष्ठित कर दिया है। पहली राष्ट्रीय प्रतियोगिता अस्मिता नेशनल महिला रोइंग लीग के रूप में 16 मई को सम्पन्न हुई तो इस माह की दूसरी प्रतियोगिता, जूनियर नेशनल रोइंग चैंपियनशिप का शुभारंभ सोमवार को हुआ। रोइंग फेडरेशन ऑफ इंडिया के उपाध्यक्ष एवं यूपी रोइंग एसोसिएशन के सचिव सुधीर शर्मा का कहना है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की विशेष रूचि और दूरदर्शी नेतृत्व के चलते गोरखपुर का रामगढ़ताल अब देश के बेहतरीन रोइंग वेन्यू के रूप में स्थापित हो चुका है। यहां लगातार हो रहे राष्ट्रीय स्तर के आयोजन इसका प्रमाण हैं कि रामगढ़ताल वाटर स्पोर्ट्स के हब के रूप में उभर रहा है। सीएम योगी की पहल पर रामगढ़ताल और वाटर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स के विकास ने उत्तर प्रदेश के खेल इतिहास, विशेषकर रोइंग के क्षेत्र में में एक स्वर्णिम अध्याय जोड़ दिया है।
नेशनल हाईवे 130, अंबिकापुर-बिलासपुर रोड में शहर से लगे सांडबार बेरियर के पास बीती शाम तेज रफ्तार में कार ने सड़क किनारे खड़े दो युवकों को कुचल दिया और करीब 20 फुट तक घसीट लिया। हादसे में दोनों युवकों की मौत हो गई। सोमवार को परिवारजनों के साथ सांडबार के लोगों ने सड़क पर शव रखकर करीब दो घंटे तक चक्काजाम किया। मुआवजा और आरोपियों के गिरफ्तारी के आश्वासन के बाद चक्काजाम समाप्त किया गया। मामला मणिपुर थाना क्षेत्र का है। जानकारी के मुताबिक, सुंदरपुर निवासी अनिल कुमार गढ़ेवाल (25 वर्ष) बीती शाम शो रूम से वापस घर लौटने के लिए 7.30 बजे निकला। वह सांडबार में नेशनल हाईवे के किनारे मो. तस्लीम के दुकान में कार के टायरों में हवा डलवाने के लिए रूका था। मो. तस्लीम का भतीजा कमरान (20 वर्ष) पिता मो. नसीम हवा डालने के लिए पहुंचा था। तेज रफ्तार कार ने कुचलते हुए घसीटा, मौत अनिल कुमार गढ़ेवाल और कमरान सड़क किनारे खड़े थे, उसी समय लखनपुर से अंबिकापुर की ओर तेज रफ्तार में आ रही कार ने दोनों को चपेट में ले लिया और करीब 100 फुट तक घसीट लिया। हादसे में दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों को सांडबार के लोगों ने मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल पहुंचाया, जहां दोनों की मौत हो गई। घटना के बाद तेज रफ्तार में कार का चालक कार लेकर फरार हो गया। कोई गाड़ी का नंबर भी नहीं देख सका। सड़क पर शव रखकर NH पर चक्काजाम सोमवार को दोनों के शवों का पोस्टमार्टम किया गया और शव परिजनों को सौंप दिया गया। परिजनों ने घटनास्थल पर शव को रखकर सांडबार के लोगों के साथ चक्काजाम कर दिया। सड़क पर टायर जलाकर चक्काजाम करने से आवागमन बंद हो गया। चक्काजाम की सूचना पर नायब तहसीलदार जयस कवंर एवं मणिपुर पुलिस टीम मौके पर पहुंची। परिजनों ने कार चालक की पहचान कर तत्काल गिरफ्तार करने और मुआवजा दिलाए जाने की मांग की। चक्काजाम के दौरान स्थानीय लोगों ने नेशनल हाईवे पर कैमरा लगाने, बेरिकेडिंग कर वाहनों की रफ्तार पर अंकुश लगाने की भी मांग रखी। नायब तहसीलदार एवं पुलिस अधिकारियों ने आरोपी कार चालक की पहचान कर जल्द कार्रवाई एवं नियमानुसार मुआवजा दिलाए जाने का आश्वासन दिया, इसके बाद चक्काजाम समाप्त किया गया। चक्काजाम के कारण दोनों ओर वाहनों की लाइन लग गई थी, जिसे पुलिस ने व्यवस्थित कराया। मणिपुर पुलिस ने मामले में अज्ञात कार चालक के खिलाफ अपराध दर्ज किया है। सीसीटीवी कैमरों की मदद से कार की शिनाख्त की कोशिश की जा रही है।
छत्तीसगढ़ के धमतरी में एक शिक्षक के घर चोरी की घटना सामने आई है। अज्ञात चोरों ने घर से सोने के जेवर और नकदी सहित करीब 50,700 रुपए का सामान चुरा लिया। यह घटना भखारा थाना क्षेत्र के ग्राम कोसमर्रा में हुई। शिक्षक परिवार अपने भांजे की शादी में अभनपुर गया हुआ था। जब वे वापस लौटे, तो घर का दरवाजा खुला और चैनल गेट का ताला टूटा हुआ मिला। अंदर सामान बिखरा पड़ा था और अलमारियां खुली हुई थीं। अलमारी तोड़कर सोने-चांदी के जेवर ले गए चोर चोरों ने घर में घुसकर दो अलमारियों के ताले तोड़े। उन्होंने एक सोने का गुलबंद सेट, एक सोने का इयरिंग सेट, एक सोने का मंगलसूत्र, सोने के टॉप्स, सोने की बाली, एक सोने की नथली, एक सोने का लॉकेट, चार सोने की फुल्ली, दो सेट चांदी के पायल, चार चांदी की बिछिया, एक चांदी का माला, एक चांदी की अंगूठी और दो चांदी की चुटकी चुरा ली। घर से 50,700 रुपए गायब इसके अलावा, छोटी अलमारी से 1000 रुपए नकद भी गायब थे। कुल मिलाकर 50,700 रुपए की चोरी हुई है। घटना की सूचना तत्काल भखारा थाना पुलिस को दी गई। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। यह धमतरी में चोरी की कोई पहली घटना नहीं है। कुछ समय पहले कोतवाली थाना क्षेत्र के जालमपुर स्थित अर्जुन रेजिडेंसी कॉलोनी में भी दो घरों में चोरी हुई थी, जहां से चार लाख रुपए से अधिक का सामान चुराया गया था। उन मामलों के आरोपी अभी भी फरार हैं।
अंबाला के ब्राह्मण माजरा गांव में बस स्टैंड निर्माण को लेकर चल रहा विवाद सोमवार को खुलकर सड़क पर आ गया। प्रशासन ने जैसे ही जेसीबी मशीनों से खुदाई शुरू करवाई, गांव के दो पक्ष आमने-सामने आ गए। देखते ही देखते पुलिस की मौजूदगी में ही धक्का-मुक्की और नारेबाजी शुरू हो गई। स्थिति बिगड़ती देख प्रशासन को काम रुकवाना पड़ा। अब एक पक्ष निर्माण स्थल के पास अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गया है। 7 दिन से समीर कर रहा था विवादगांव में प्रस्तावित बस स्टैंड की जगह को लेकर पिछले करीब एक सप्ताह से विवाद चल रहा था। विरोध कर रहे लोगों का कहना है कि बस स्टैंड का निर्माण रविदास चौपाल के ठीक सामने कराया जा रहा है, जिससे सामाजिक और धार्मिक माहौल प्रभावित होगा।ग्रामीणों का आरोप है कि बस स्टैंड बनने के बाद वहां बाहरी लोगों की आवाजाही बढ़ेगी और शराब सेवन जैसी गतिविधियां भी हो सकती हैं। इसी कारण वे लगातार जगह बदलने की मांग कर रहे थे। जेसीबी पहुंची तो भड़क गए ग्रामीणसोमवार सुबह प्रशासनिक टीम भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंची। जेसीबी मशीन से खुदाई शुरू होते ही विरोध कर रहे लोग मौके पर जुट गए। कुछ ही देर में बस स्टैंड के समर्थन और विरोध में दो गुट आमने-सामने आ गए। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने लोगों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन विवाद बढ़ता गया और दोनों पक्षों में तीखी नोकझोंक शुरू हो गई। पुलिस के सामने हुई धक्का-मुक्कीहालात उस समय और तनावपूर्ण हो गए जब दोनों पक्षों के लोग पुलिस बैरिकेडिंग के बीच ही भिड़ गए। मौके पर जमकर नारेबाजी हुई और कई बार पुलिस को बीच-बचाव करना पड़ा। स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने फिलहाल निर्माण कार्य रुकवा दिया है। गांव में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि कोई अप्रिय घटना न हो। निर्माण स्थल पर शुरू हुआ धरनाबस स्टैंड का विरोध कर रहे लोगों ने निर्माण स्थल के पास ही धरना शुरू कर दिया है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि जब तक बस स्टैंड की जगह नहीं बदली जाती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। धरने पर बैठे ग्रामीणों ने प्रशासन पर उनकी बात अनसुनी करने का आरोप लगाया। पंचायत और प्रशासन समझौते की कोशिश मेंतनाव को देखते हुए प्रशासनिक अधिकारी अब दोनों पक्षों के जिम्मेदार लोगों के साथ बातचीत कर समाधान निकालने में जुटे हैं। गांव में माहौल को शांत बनाए रखने के लिए लगातार पुलिस गश्त भी बढ़ा दी गई है। फिलहाल ब्राह्मण माजरा में बस स्टैंड का मुद्दा अब केवल निर्माण तक सीमित नहीं रह गया, बल्कि गांव के सामाजिक और सामुदायिक टकराव का रूप लेता दिखाई दे रहा है।
रोहतक में भालौठ सब ब्रांच नहर को पक्का करने के खिलाफ ग्रामीणों ने धरना प्रदर्शन करते हुए सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। ग्रामीणों ने स्पष्ट कहा कि अगर प्रशासन ने नहर को पक्का करने का प्रयास किया तो वह आंदोलन को तेज कर देंगे, जिसकी जिम्मेदारी स्वयं प्रशासन की होगी। ग्रामीण उमेद सिंह, रणधीर, सुमित दलाल, सूरत सिंह ने बताया कि भालौठ सब ब्रांच नहर को पक्का करने के खिलाफ गांव काहनी, रिठाल रोड के नहर पुल पर रिठाल, किलोई, धामड़, काहनी के सैकड़ों ग्रामीण पहुंचे और नहर को पक्का करने के काम को रूकवाया। ग्रामीणों ने प्रशासन द्वारा मुद्दों के समाधान के लिए कोई बातचीत न करने के खिलाफ नारेबाजी की। नहर पर लगे नलकों पर निर्भर ग्रामीण उमेद सिंह ने बताया कि भालौठ सब ब्रांच नहर के किनारे नलके लगा रखे है, जिन पर ग्रामीण पीने के पानी के लिए निर्भर है। अब प्रशासन और सरकार द्वारा नहर को पक्का करने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे ग्रामीणों को पीने का पानी भी नसीब नहीं होगा । आसपास भूमिगत मीठे जल के स्त्रोत खत्म हो जाएंगे। नहर के बेड को कच्चा रखने की मांग रणधीर सिंह ने बताया कि सरकार दोहरी नीति बनाकर ग्रामीणों को परेशान कर रही है, जिसे कभी बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। न ही किसी भी कीमत पर नहर को पक्का होने दिया जाएगा। ग्रामीणों ने धरने के माध्यम से नहर के बेड को कच्चा रखने, हर पुल के पास घाट छोड़ने और उसमें ढाल बनाने, दो पुलों के बीच में दोनों तरफ सीढ़ियां बनाने की मांग की।
ऑनलाइन फार्मेसी की मनमानी और डीप डिस्काउंट के विरोध में 20 मई को आगरा समेत पूरे देश में मेडिकल स्टोर बंद रहेंगे। ऑल इंडिया ऑर्गनाइजेशन ऑफ कैमिस्ट्स एंड ड्रगिस्ट (AIOCD) के आह्वान पर आगरा के करीब 5 हजार कैमिस्ट एक दिन की हड़ताल करेंगे। आगरा फार्मा एसोसिएशन ने बंद को सफल बनाने की रणनीति तैयार कर ली है। एसोसिएशन के अध्यक्ष अनूप बंसल ने बताया कि ई-फार्मेसी प्लेटफॉर्म नियमों को ताक पर रखकर दवाएं बेच रहे हैं। बिना सत्यापन के बिक्री और एक ही पर्चे का बार-बार इस्तेमाल हो रहा है। AI से फर्जी प्रिस्क्रिप्शन बनाकर एंटीबायोटिक्स और नशीली दवाएं दी जा रही हैं। इससे एंटी-माइक्रोबियल रेसिस्टेंस का खतरा बढ़ा है। यह सीधे जनस्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ है। महामंत्री महेश अग्रवाल 'ग्वाला' ने कहा कि बड़े कॉरपोरेट डीप डिस्काउंट देकर बाजार बिगाड़ रहे हैं। जरूरी दवाओं का मार्जिन सरकार तय करती है, लेकिन ऑनलाइन कंपनियां अनुचित प्रतिस्पर्धा कर रही हैं। इससे आगरा के छोटे और मझोले कैमिस्टों का कारोबार चौपट हो रहा है। जिले में करीब 25 हजार परिवारों की आजीविका पर संकट है। AIOCD ने प्रधानमंत्री को ज्ञापन भेजकर कोविड काल की अस्थायी अधिसूचना G.S.R. 220(E) और ई-फार्मेसी की अधिसूचना G.S.R. 817(E) को तुरंत रद्द करने की मांग की है। साथ ही अनुचित छूट पर रोक के लिए समान अवसर नीति बनाने को कहा है। मीडिया प्रभारी मुकेश कुमार गर्ग ने बताया कि बंद के दौरान इमरजेंसी सेवाएं चालू रहेंगी। बैठक में हरिओम सिंघल, जगदीश राठी, सुनील गुप्ता, चन्द्रकान्त गुप्ता, अमित ग्वाला समेत कई पदाधिकारी मौजूद रहे। संगठन ने चेतावनी दी कि मांगें नहीं मानी गईं तो अनिश्चितकालीन आंदोलन होगा।
जयपुर रेंज के निर्देश पर अलवर पुलिस ने जिलेभर में दो दिन तक विशेष “एरिया डोमिनेशन अभियान” चलाया है। अभियान के तहत पुलिस ने अलग-अलग इलाकों में दबिश देकर कुल 246 आरोपियों और बदमाशों को गिरफ्तार किया। अभियान में 494 पुलिसकर्मी शामिल रहे, जिन्होंने 146 टीम बनाकर जिले के 461 जगहों पर कार्रवाई की। एसपी सुधीर चौधरी ने बताया कि अभियान का मुख्य उद्देश्य जिले में सक्रिय अपराधियों, हिस्ट्रीशीटर, वारंटी, इनामी बदमाशों और अवैध गतिविधियों में शामिल लोगों पर कार्रवाई करना था। पुलिस ने ऐसे लोगों को निशाना बनाया, जो इलाके में डर और अपराध का माहौल बना रहे थे। फरार 29 आरोपियों को पकड़ा अभियान के दौरान महिला अत्याचार के मामलों में वांछित 3 आरोपी, आदतन अपराधी 5, गंभीर अपराधों में वांछित 9 आरोपी, सामान्य मामलों में फरार 29 आरोपी और गिरफ्तारी वारंट वाले 51 लोगों को पकड़ा गया। इसके अलावा स्थाई वारंटी और पीओ श्रेणी के 36 अपराधियों को भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने 4 इनामी बदमाशों को भी दबोचा। अवैध शराब और तस्करी पर सख्ती से कार्रवाई कार्रवाई के दौरान अवैध शराब, नशा तस्करी और हथियार रखने वालों पर भी सख्ती दिखाई गई। पुलिस ने 14 आबकारी एक्ट, एक आर्म्स एक्ट, एक एनडीपीएस एक्ट, एक कॉपीराइट एक्ट और 4 RPGO के मामले दर्ज किए। पुलिस ने अभियान में 77 लीटर अवैध हथकढ़ शराब, 53 किलो 660 ग्राम गांजा, एक चाकू और 4020 रुपये बरामद किए। वहीं 170 BNSS के तहत 71 लोगों को हिरासत में लिया गया। एसपी ने कहा कि जिले में अपराध और बदमाशों के खिलाफ आगे भी लगातार इसी तरह सख्त अभियान चलाए जाएंगे ताकि आम लोगों में सुरक्षा का माहौल बना रहे।
पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के चंडीगढ़ स्थित आवास पर एक बेहद खास और अहम मुलाकात हुई। राधा स्वामी सत्संग ब्यास (RSSB) के प्रमुख बाबा गुरिंदर सिंह ढिल्लों ने कैप्टन के घर पहुंचकर उनसे और उनके परिवार से मुलाकात की। इस दौरान डेरा ब्यास मुखी ने पूर्व सीएम की सेहत का हाल-चाल जाना और परिवार को अपना आशीर्वाद दिया। कैप्टन अमरिंदर सिंह का हाल-चाल जानने पहुंचे डेरा ब्यास मुखी पंजाब की सियासत और आध्यात्म के नजरिए से यह एक बेहद खास और पारिवारिक मुलाकात रही। राधा स्वामी सत्संग ब्यास के पूजनीय मुखी बाबा गुरिंदर सिंह ढिल्लों ने अचानक चंडीगढ़ स्थित पूर्व मुख्यमंत्री के घर पहुंचकर सबको सुखद आश्चर्य में डाल दिया। बताया जा रहा है कि इस शिष्टाचार भेंट का मुख्य उद्देश्य कैप्टन अमरिंदर सिंह के स्वास्थ्य की जानकारी लेना था। मुलाकात के दौरान दोनों के बीच काफी आत्मीय बातचीत हुई। बेटी जय इंदर कौर ने सोशल मीडिया पर जताई खुशी इस खास मौके की तस्वीरें और जानकारी कैप्टन अमरिंदर सिंह की बेटी और भारतीय जनता पार्टी की नेता जय इंदर कौर ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर साझा कीं। उन्होंने तस्वीरों के साथ एक भावुक संदेश भी लिखा जिसमें उन्होंने डेरा मुखी के आगमन पर गहरी खुशी और आभार व्यक्त किया।जय इंदर कौर ने अपने पोस्ट में लिखा राधा स्वामी सत्संग ब्यास के पूजनीय मुखी बाबा गुरिंदर सिंह ढिल्लों जी आज चंडीगढ़ में हमारे घर पधारे। इस दौरान उन्होंने मेरे पिता कैप्टन अमरिंदर सिंह जी की सेहत को लेकर उनका हाल-चाल जाना। हमारे घर में चरण स्पर्श करने और हम सभी को अपना कीमती आशीर्वाद देने के लिए हम बाबा गुरिंदर ढिल्लों जी का हृदय से धन्यवाद करते हैं। पंजाब में है RSSB का गहरा प्रभाव गौरतलब है कि कैप्टन अमरिंदर सिंह उम्र के इस पड़ाव पर पिछले कुछ समय से स्वास्थ्य संबंधी उतार-चढ़ाव का सामना कर रहे हैं। ऐसे में राधा स्वामी सत्संग ब्यास जैसी आध्यात्मिक संस्था के प्रमुख का स्वयं चलकर उनके घर आना एक बड़ी बात है। पंजाब सहित देशभर में राधा स्वामी सत्संग ब्यास के करोड़ों अनुयायी हैं और बाबा गुरिंदर सिंह ढिल्लों का सभी राजनीतिक और सामाजिक हलकों में बेहद सम्मान किया जाता है। इस मुलाकात की तस्वीरें सोशल मीडिया पर आते ही लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गई हैं।
किशनगंज में पोक्सो एक्ट से जुड़े एक मामले में अनन्य विशेष न्यायाधीश दीप चंद पाण्डेय की अदालत ने सोमवार को अहम फैसला सुनाया। अदालत ने आरोपी अनारुल उर्फ अमेरुल उर्फ छोटन को नाबालिग के अपहरण और छेड़खानी का दोषी मानते हुए पांच साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई। यह मामला पोठिया थाना क्षेत्र से संबंधित है, जिसका थाना कांड संख्या 92/24 और पोक्सो वाद संख्या 33/24 है। दर्ज प्राथमिकी के अनुसार, आरोपी पर नाबालिग का अपहरण कर उसके साथ छेड़खानी करने का आरोप था। छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगीघटना के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। अनुसंधान पूरा होने पर आरोपी के खिलाफ अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया गया, जिसके बाद मामले की सुनवाई चल रही थी। सुनवाई के दौरान, विशेष लोक अभियोजक मनीष कुमार साह ने पीड़िता के बयान और जांच से जुड़े साक्ष्यों के आधार पर आरोपी के खिलाफ मजबूत पक्ष रखा। अदालत ने सभी पक्षों को सुनने और उपलब्ध साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद आरोपी को दोषी करार दिया। पांच साल के सश्रम कारावास के साथ, अदालत ने 40 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। यह राशि पीड़िता को दी जाएगी। यदि आरोपी अर्थदंड जमा नहीं करता है, तो उसे छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। मुआवजा राशि उपलब्ध कराने का निर्देश दियाइसके अतिरिक्त, अदालत ने सरकार को भी पीड़िता को 50 हजार रुपये की मुआवजा राशि उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। अदालत ने अपने आदेश में स्पष्ट किया कि पीड़िता को न्याय दिलाना और उसे सहायता प्रदान करना न्यायिक प्रक्रिया का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। फैसला आने के बाद न्यायालय परिसर में इस पर चर्चा हुई। विशेष लोक अभियोजक मनीष कुमार साह ने कहा कि पोक्सो मामलों में त्वरित सुनवाई और दोषियों को सजा मिलना समाज में सकारात्मक संदेश देता है। उन्होंने मामले के समय पर निष्पादन के लिए अदालत के प्रयासों की भी सराहना की। इस फैसले को महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा से जुड़े मामलों में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। अदालत के इस निर्णय से यह संदेश गया है कि नाबालिगों के खिलाफ अपराध करने वालों के प्रति कानून सख्त है और दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।
मेरठ में आयोजित राजकीय शिक्षक संघ उत्तर प्रदेश के 65वें संयुक्त अधिवेशन ,नवाचार शैक्षिक गोष्ठी एवं कार्यकारिणी बैठक का सोमवार को समापन हुआ। जिसमे राजकीय इंटर कॉलेज मेरठ में अध्यापक पद पर कार्यरत विपिन भारद्वाज को प्रदेश अध्यक्ष चुना गया और लखनऊ की नीलू सिंह को प्रदेश महामंत्री, अनुज अग्रवाल को प्रदेश संगठन मंत्री और पवित्रा को प्रदेश उपाध्यक्ष चुना गया है। रविवार को आयोजित उद्घाटन सत्र में सांसद राजकुमार सांगवान, शिक्षक एमएलसी श्रीचंद शर्मा और शिक्षाविद एमएलसी धर्मेंद्र भारद्वाज मौजूद रहे। कार्यक्रम में सेवा निवृत्त शिक्षकों का सम्मान भी किया गया। राजकीय इंटर कॉलेज मेरठ में अध्यापक पद पर कार्यरत व राजकीय शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष विपिन भारद्वाज ने बताया कि लंबे समय बाद संगठन के चुनाव संपन्न हुए हैं। उन्होंने आगे बताया की प्रदेश कार्यकारिणी के गठन के बाद एक बैठक आयोजित हुई जिसमे विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई। वर्ष 2014 के बाद चुनाव न होने से शिक्षक अपनी समस्याएं सरकार तक प्रभावी ढंग से नहीं पहुंचा पा रहे थे। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार शिक्षकों की बात सुनना चाहती है और अब संगठन को मजबूत बनाकर शिक्षकों के मुद्दों को मजबूती से उठाया जाएगा। उन्होंने बताया कि बैठक में संगठन विस्तार, शिक्षकों की समस्याओं के समाधान और पदोन्नति में आरक्षण जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई। विपिन भारद्वाज ने कहा कि शिक्षकों से जुड़े कई छोटे-बड़े मुद्दे लंबे समय से लंबित हैं, जैसे- बीएलओ को 34 % आरक्षण मिल गया है और वह प्राइमरी विभाग है और फिर वह हमारे सामने प्रमोशन लेकर प्रिंसिपल या इंचार्ज बन कर आते है ,उन्होंने इस पर आगे कहा की या तो यह आरक्षण हटाया जाए या शिक्षकों को भी आरक्षण दिया जाए और साथ ही काफी समस्याएं है। जिनके समाधान के लिए संगठन सक्रिय भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि शिक्षकों के हितों और सम्मान की रक्षा संगठन की प्राथमिकता होगी। बैठक में वरिष्ठ उपाध्यक्ष सुचित्रा सैनी और गीता का माला पहनाकर सम्मान किया गया। वहीं सभी पदाधिकारियों और सदस्यों ने निष्पक्षता, ईमानदारी और बिना भेदभाव के कार्य करने की शपथ ली।
छतरपुर जिले के राजनगर थाना क्षेत्र में रविवार देर शाम चुनावी रंजिश को लेकर पूर्व सरपंच माहूम सिंह उर्फ हल्के राजा (58) पर अज्ञात बदमाशों ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। हमले में वे गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना के बाद इलाके में दहशत फैल गई। जानकारी के अनुसार, माहूम सिंह बुंदेला उर्फ हल्के राजा छतरपुर शहर से शादी का सामान लौटाकर अपने गांव विक्रमपुर जा रहे थे। इमलिया गांव के पास पहले से घात लगाए बैठे बदमाशों ने चार फोर-व्हीलर वाहनों से उनकी गाड़ी को घेर लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हमलावरों ने दोनों तरफ से पहुंचकर अचानक फायरिंग शुरू कर दी। बदमाशों ने कई राउंड गोलियां चलाईं, जिससे वाहन छलनी हो गया। एक गोली माहूम सिंह के पैर में लगी, जबकि अन्य गोलियां गाड़ी में धंस गईं। गोली लगने से वाहन अनियंत्रित हो गया और हमलावर मौके से फरार हो गए। चुनावी रंजिश बनी हमले की वजहघटना की सूचना मिलते ही राजनगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायल माहूम सिंह को तत्काल जिला अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों के अनुसार, उनकी हालत गंभीर बनी हुई है, लेकिन वे खतरे से बाहर बताए जा रहे हैं। प्रारंभिक जांच में पुलिस चुनावी रंजिश और पुरानी दुश्मनी के एंगल से मामले की जांच कर रही है। पुलिस ने घटनास्थल से कारतूस के खोखे और अन्य साक्ष्य जुटाए हैं। आरोपियों की तलाश में इलाके में नाकाबंदी कर दी गई है। इस घटना के बाद विक्रमपुर और आसपास के गांवों में तनाव की स्थिति बनी हुई है। पुलिस अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि जल्द ही आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
राजधानी जयपुर में आईपीएल क्रिकेट मैचों पर ऑनलाइन सट्टेबाजी करते सीएसटी ने थाना सांगानेर सदर और मुरलीपुरा क्षेत्र से कुल 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी रविवार को राजस्थान रॉयल्स और दिल्ली कैपिटल्स के बीच खेले जा रहे आईपीएल टी-20 मैच पर ऑनलाइन सट्टा संचालित कर रहे थे। स्पेशल पुलिस कमिश्नर ओम प्रकाश ने बताया कि पुलिस ने दोनों ठिकानों से कुल 20 मोबाइल, 1 एलईडी, 4 सट्टा हिसाब की कॉपियां (रजिस्टर), कैलकुलेटर, जियो फाइबर सेटअप बॉक्स, चार्जर सहित सट्टेबाजी में उपयोग होने वाले उपकरण जब्त किए हैं। इसके अलावा 2 लग्जरी वाहन और 1 मोटरसाइकिल भी बरामद की गई है। आरोपियों के कब्जे से 1 लाख 27 हजार रुपए की नकद सट्टा राशि भी मिली है। सांगानेर सदर में दुकान के ऊपर कमरे से चल रहा था नेटवर्क पहली कार्रवाई थाना सांगानेर सदर इलाके में की गई। पुलिस को सूचना मिली थी कि जेडीए कॉलोनी, गोविंदपुरा सांगानेर स्थित दुकान नंबर 41 के ऊपर बने कमरे में ऑनलाइन क्रिकेट सट्टेबाजी का अवैध कारोबार संचालित किया जा रहा है। पुलिस ने दबिश देकर 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया। जांच में सामने आया कि आरोपी राजस्थान रॉयल्स और दिल्ली कैपिटल्स के बीच खेले जा रहे आईपीएल मैच पर अलग-अलग बुकियों और सट्टा संचालकों उत्तम सैनी, निरंजन शर्मा और भगवान शर्मा से लाइन लेकर जूम एप के जरिए लोगों से ऑनलाइन सट्टा लगवा रहे थे। आरोपी पुलिस की नजरों से बचने के लिए दुकान के ऊपर बने कमरे से पूरा नेटवर्क संचालित कर रहे थे। गिरफ्तार आरोपियों में धर्म सिंह चौधरी (29), रोशन चौधरी (27), हरि गुर्जर (28), महेंद्र चौधरी (25), अजीत चौधरी (21), गिर्राज चौधरी (30) और सूर्यप्रकाश चौधरी उर्फ सूरज चौधरी (31) शामिल हैं। आरोपियों से सट्टे के दौरान रखी शराब की बोतले भी मिली है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ थाना सांगानेर सदर में मामला दर्ज किया है। मुरलीपुरा में मकान से संचालित हो रहा था ऑनलाइन सट्टा दूसरी कार्रवाई थाना मुरलीपुरा इलाके में विजयबाड़ी पथ नंबर-6 स्थित मकान नंबर 366 में की गई। यहां से पुलिस ने 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी आईपीएल मैच पर सट्टा लगाने के लिए सौरभ और अभिषेक नामक बुकियों से लाइन लेकर जूम एप के माध्यम से ऑनलाइन सट्टेबाजी करवा रहे थे। आरोपी पुलिस से बचने के लिए निजी मकान से नेटवर्क चला रहे थे। गिरफ्तार आरोपियों में योगेश जैन उर्फ पिल्लू (31) और संजय जैन (50) शामिल हैं। पुलिस ने मौके से 5 मोबाइल, चार्जर, एलईडी, जियो फाइबर सेटअप बॉक्स, रिमोट, सट्टा हिसाब की कॉपी और पेन बरामद किए हैं। इस मामले में थाना मुरलीपुरा में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है और नेटवर्क से जुड़े अन्य बुकियों व सहयोगियों की तलाश जारी है।
फतेहपुर में कांग्रेस का प्रदर्शन:पेट्रोल-डीजल और गैस की बढ़ी कीमतों पर सरकार को घेरा
उत्तर प्रदेश के फतेहपुर में सोमवार को जिला और शहर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पेट्रोल, डीजल, सीएनजी और व्यावसायिक गैस सिलेंडरों की बढ़ी कीमतों के विरोध में प्रदर्शन किया। कचेहरी परिसर में आयोजित प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने सरकार विरोधी नारेबाजी की। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे शहर अध्यक्ष मो. आरिफ गुड्डा ने भाजपा सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि एक तरफ सरकार जनता से पेट्रोल, डीजल और गैस की बचत करने की अपील करती है, जबकि दूसरी ओर सैकड़ों देशों को रिफाइंड तेल बेचा जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार का उद्देश्य जनता को भ्रमित करना बन गया है। गुड्डा ने कहा कि कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पहले ही इन मुद्दों को लेकर सरकार को आगाह कर चुके थे। ‘भारत में ही बढ़ रही कीमतें’ वरिष्ठ कांग्रेस नेता शेख एजाज अहमद ने कहा कि पड़ोसी देशों में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कमी आ रही है, जबकि भारत में कीमतों में वृद्धि हो रही है। उन्होंने कहा कि मौजूदा स्थिति देखकर ऐसा प्रतीत होता है कि भारत ही एकमात्र ऐसा देश है जो मंदी जैसी परिस्थितियों का सामना कर रहा है। बड़ी संख्या में कार्यकर्ता रहे मौजूद प्रदर्शन में वरिष्ठ महिला नेता संतोष कुमारी शुक्ला, प्रदेश सचिव शोभा दुबे, पार्टी प्रवक्ता ई. देवी प्रकाश दुबे, ब्रजेश मिश्रा और कलीम उल्ला सिद्दीकी सहित सैकड़ों कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल हुए। इस दौरान पप्पी राजपूत, शकीला बानो, आशीष गौड़, राजेंद्र लोधी, राजीव लोचन निषाद, जे.पी. पासवान, पं. राम नरेश, सैयद सहाब अली, निजामुद्दीन, मनोज घायल, नरेन्द्र सिंह रिक्की, आदित्य श्रीवास्तव, फजलुर्रहमान, नवनीत तिवारी, चौधरी मोइन राइन, आनंद सिंह गौतम, नजमी कमर, डॉ. अब्दुल हमीद, बसीर अहमद, कौशल कुमार शुक्ला, शुभम दुबे, नौशाद, अजय बच्चा सलीम शेख, धर्मेंद्र सिंह और अब्दुल रज्जाक समेत कई नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
देवरिया में सड़क हादसे में रुद्रपुर के मजदूर की मौत:शव गांव पहुंचने पर परिजनों में मचा कोहराम
देवरिया जिले के रुद्रपुर कोतवाली क्षेत्र के छितही गांव निवासी एक प्रवासी मजदूर की मस्कट में सड़क हादसे में मृत्यु हो गई। सोमवार को जब उनका शव गांव पहुंचा, तो परिजनों और ग्रामीणों में शोक छा गया। अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण उमड़ पड़े। जानकारी के अनुसार, छितही गांव के भोजपुरिया टोला निवासी मोहन निषाद (48) पुत्र स्वर्गीय जीयन निषाद लगभग डेढ़ वर्ष पहले परिवार की आर्थिक स्थिति सुधारने के उद्देश्य से मस्कट मजदूरी करने गए थे। परिजनों ने बताया कि शुक्रवार शाम को वह काम से लौट रहे थे, तभी एक सड़क हादसे में उनकी जान चली गई। सोमवार को एंबुलेंस के माध्यम से मोहन निषाद का शव गांव पहुंचा। शव देखते ही उनकी पत्नी कुमारी देवी की हालत बिगड़ गई और वह शव से लिपटकर रोने लगीं। परिवार के अन्य सदस्य भी गहरे सदमे में थे। गांव की महिलाओं और रिश्तेदारों ने किसी तरह परिजनों को संभाला। मृतक के घर पर सांत्वना देने वालों का तांता लगा रहा। ग्रामीणों के अनुसार, मोहन निषाद अपने परिवार के मुख्य कमाऊ सदस्य थे। वह विदेश में मजदूरी करके अपने बच्चों और परिवार का भरण-पोषण कर रहे थे। उनकी आकस्मिक मृत्यु से परिवार के सामने अब गंभीर आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। गांव के लोगों ने प्रशासन और सरकार से मृतक के परिवार को आर्थिक सहायता प्रदान करने की मांग की है। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि प्रवासी मजदूरों के परिवारों के लिए एक विशेष सहायता योजना लागू की जानी चाहिए, ताकि ऐसी दुर्घटनाओं की स्थिति में परिवारों को सहारा मिल सके। सोमवार शाम को गांव में मोहन निषाद का अंतिम संस्कार किया गया। उनकी अंतिम यात्रा में बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए।
सवाई माधोपुर पुलिस ने साइबर ठगी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए एक मकान में दबिश देकर साइबर ठगी के मास्टरमाइंड बुद्धिप्रकाश मीणा को गिरफ्तार किया है। आरोपी को विज्ञान नगर पावर हाउस के पास स्थित किराए के कमरे से पकड़ा। पुलिस ने मौके से साइबर फ्रॉड में उपयोग किए जा रहे 22 एंड्रॉइड मोबाइल फोन, एचपी कंपनी का एक लैपटॉप, एयरटेल कंपनी का वाई-फाई सिस्टम, 13 एटीएम कार्ड, 8 सिम कार्ड, 2 चेक बुक, 2 बैंक पासबुक सहित अन्य सामान जब्त किया है। बचने के लिए वाईफाई यूज करता था SP ज्येष्ठा मैत्रेयी ने बताया कि ASP विजय सिंह मीणा व सीओ सिटी उदय सिंह मीणा के सुपरविजन में कोतवाली थाना पुलिस ने यह कार्रवाई की। थानाधिकारी मदनलाल मीणा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने साइबर शाखा से प्राप्त सूचना के आधार पर दबिश दी। जांच में सामने आया कि आरोपी एवीएटर गेम में नुकसान झेल चुके लोगों को लॉस रिकवर कराने का झांसा देकर ठगी करता था। आरोपी ऑटो क्लिकर की मदद से 22 मोबाइल फोन से एक साथ हजारों मैसेज भेजकर लोगों को जाल में फंसाता था। आरोपी ने मोबाइल में सिम कार्ड का उपयोग नहीं किया, बल्कि वाईफाई के जरिए सभी डिवाइस संचालित करता था ताकि उसकी लोकेशन ट्रेस नहीं हो सके। रुपए डबल करने का लालच देता था पूछताछ में यह भी सामने आया कि आरोपी टेलीग्राम और अन्य एप्लीकेशन पर बिटकॉइन, शेयर मार्केट, ट्रेडिंग और सट्टा संबंधी चैनल बनाकर लोगों को रुपये डबल करने का लालच देता था। इसके बाद वह ऑनलाइन पेमेंट एप्लीकेशन के जरिए एडवांस राशि प्राप्त कर साइबर ठगी को अंजाम देता था। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर साइबर ठगी के नेटवर्क और अन्य साथियों के बारे में जानकारी जुटा रही है।
फर्रुखाबाद लोहिया अस्पताल में बिजली गुल:सुबह से बाधित आपूर्ति, मोबाइल की रोशनी में हो रहा काम
फर्रुखाबाद के राम मनोहर लोहिया अस्पताल में सोमवार को बिजली आपूर्ति बाधित रही। सुबह से ही बिजली की आवाजाही के कारण भीषण गर्मी में भर्ती मरीज परेशान रहे। अस्पताल में कई कार्य मोबाइल की रोशनी में किए गए। अस्पताल में सुबह से ही बिजली बार-बार ट्रिप हो रही थी, जिससे कभी 10 मिनट तो कभी आधे घंटे तक आपूर्ति बाधित रही। अस्पताल में जनरेटर की व्यवस्था होने के बावजूद वह भी सोमवार को बार-बार खराब होता रहा। कर्मचारियों ने बताया कि जनरेटर गर्म होने के कारण उसे बार-बार बंद करना पड़ रहा था। बिजली बाधित होने से अस्पताल के पर्चा काउंटर, पैथोलॉजी लैब, एक्स-रे रूम, सीटी स्कैन और ब्लड बैंक सहित सभी विभागों का कार्य प्रभावित हुआ। कर्मचारियों को मोबाइल की रोशनी में काम करना पड़ा। इमरजेंसी वार्ड में भर्ती मरीजों की ड्रिप जांचने के लिए भी मोबाइल टॉर्च का सहारा लिया गया। सोमवार को फर्रुखाबाद का तापमान 39 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जिससे भीषण गर्मी पड़ रही थी। लोहिया अस्पताल के वार्डों में भर्ती मरीज और उनके तीमारदार गर्मी और अंधेरे से बेहाल दिखे। बच्चा वार्ड में तीमारदार बच्चों को हाथ के पंखे से हवा करते नजर आए, जबकि अन्य वार्डों में भी अंधेरा छाया रहा। राम मनोहर लोहिया अस्पताल में फर्रुखाबाद जनपद के अलावा आसपास के जिलों से भी बड़ी संख्या में मरीज उपचार के लिए आते हैं। रविवार की छुट्टी के बाद सोमवार को ओपीडी खुलने पर यहां मरीजों की भारी भीड़ थी। हालांकि शाम 3:00 बजे करीब बिजली सुचारू हो पाई। सीएमएस बोले- 33 हजार की लाइन में दिक्कत मामले में लोहिया अस्पताल पुरुष की सीएमएस डॉक्टर जगमोहन शर्मा ने बताया 33000 की लाइन में दिक्कत आने से बिजली की आपूर्ति में समस्या आ रही है। जनरेटर को लेकर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा अस्पताल में बड़ी संख्या में ऐसी लगी है। ऐसे में जनरेटर लोड नहीं उठा पा रहा है। निर्देश दिए गए हैं कि सभी ऐसी को जनरेटर से हटा दिया जाए।
बरेली की कोतवाली पुलिस ने एक महिला को डरा-धमकाकर, बंधक बनाकर सामूहिक दुष्कर्म करने वाले मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पीड़िता ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि वह 13 दिसंबर 2025 को अपने मायके कुशीनगर से आकर बरेली जंक्शन पर सुबह के वक्त उतरी थी। वहां उसे ससुराल पक्ष के जान-पहचान वाले गुलाब सिंह उर्फ सीताराम और रिंकू मिले। दोनों ने घर छोड़ने के बहाने महिला को अपनी बातों में फंसाया और फिर डरा-धमकाकर जबरन बस में बैठा लिया। बच्ची को मारने की धमकी देकर किया गलत काम आरोपी महिला की दो साल की मासूम बेटी को गोद में लेकर धमकी देने लगे कि अगर उसने विरोध किया, तो बच्ची को जान से मार देंगे। डर के मारे महिला चुप रही। आरोपी उसे हिमाचल प्रदेश के मौनीनगर ले गए। वहां एक कमरे में बंद कर दोनों ने उसके साथ कई बार सामूहिक दुष्कर्म किया। गुलाब सिंह दिन में उस पर नजर रखता था और रिंकू रात में पहरा देता था। इस बीच आरोपियों ने महिला को बेचने के लिए कुछ लोगों को भी दिखाया। पति को फोन कर मांगी मदद, ऐसे बची जान 15 दिसंबर 2025 को जब आरोपी सो रहे थे, तब महिला ने चुपके से अपने पति को फोन किया और पूरी आपबीती बताई। उसने कहा कि मौका मिलते ही वह वहां से भागेगी और उसे बस अड्डे पर मिले। इसके बाद वह किसी तरह चंगुल से छूटकर 20 जनवरी 2026 को अपने पति के साथ बरेली लौटी। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने कोतवाली थाने में संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज किया। मुख्य आरोपी गिरफ्तार, बोला- मर्जी से गई थी एसएसपी अनुराग आर्य के निर्देश पर पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी गुलाब सिंह उर्फ सीताराम को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी हाफिजगंज क्षेत्र के ग्राम चैना मुरारपुर का रहने वाला है। पूछताछ में आरोपी ने अपना गुनाह छुपाने के लिए दावा किया कि महिला उसकी मर्जी से गई थी, बस उससे गलती यह हुई कि महिला का तलाक नहीं हुआ था और उसने शादी भी नहीं की थी। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया है, मामले की जांच जारी है।
प्रयागराज शहर में ट्रैफिक व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए चार रूटों पर ई रिक्शा की नो एंट्री लागू कर दी गई है। फिलहाल एक महीने के लिए पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर यह व्यवस्था लागू की गई है। एक महीने बाद समीक्षा की जाएगी और परिणाम संतोषजनक पाए जाने पर आगे के लिए निर्णय लिया जाएगा। यह व्यवस्था 21 मई से लागू होगी और एक माह तक प्रभावी रहेगी। इसके तहत शहर के जिन चार रूटों पर नो एंट्री लगाई गई है, उनमें निम्न क्षेत्र शामिल हैं। (i) रामबाग फ्लाई ओवरब्रिज । (ii) सिविल लाइंस हनुमान मन्दिर से सुभाष चौराहे तक। (iii) लक्ष्मी टाकीज चौराहे से पुलिस क्लब चौराहे तक एवं पुलिस क्लब चौराहे से आनन्द हास्पिटल तक। (iv) कचहरी से लेकर विश्वविद्यालय मार्ग एवं विश्वविद्यालय से ए०एन०झा मार्ग तक। 2 - ई रिक्शा संचालन हेतु डायवर्जन क्षेत्रः- (i) तेलियरगंज से सिविल लाइन होकर आने वाले ई-रिक्शा सिविल लाइन हनुमान मन्दिर से फायर बिग्रेड चौराहे से होकर नवाब युसुफ रोड की तरफ होते हुए सिविल लाइन रेलवे स्टेशन, मा० हाईकोर्ट की तरफ जायेंगे एवं इसी रुट से वापस आयेंगे। (ii) बैरहना / संगम की तरफ से आने वाले ई-रिक्शा जी०टी० जवाहर सीएमपी कालेज, मेडिकल चौराहा होते हुए सी०ए०वी० कालेज से बाएं मुड़कर डी०आर०एम० ऑफिस होते हुए सिविल लाइंस रेलवे स्टेशन, मा० हाईकोर्ट की तरफ जाएंगे एवं उसी मार्ग से वापस आएंगे।
टोडारायसिंह तहसील की अलियारी पंचायत क्षेत्र में अवैध शराब की बिक्री और अवैध रूप से संचालित शराब के ठेकों से परेशान ग्रामीणों का गुस्सा सोमवार को फूट पड़ा है। बड़ी संख्या में ग्रामीण सड़कों पर उतरे और प्रदर्शन करते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचे। कलेक्टर के नाम ADM विनोद कुमार मीणा ज्ञापन सौंपकर इस अवैध कारोबार पर तुरंत रोक लगाने और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। कलेक्टर को दिए ज्ञापन में ग्रामीणों ने बताया कि अलियारी ग्राम पंचायत क्षेत्र में लंबे समय से अवैध शराब बेची जा रही है। इसके कारण गांव का सामाजिक और शांतिपूर्ण माहौल पूरी तरह से खराब हो चुका है। शराब के इस अवैध धंधे की वजह से क्षेत्र में आए दिन आपसी झगड़े और मारपीट, चोरियां और घरेलू हिंसा समेत अन्य आपराधिक गतिविधियों में बढ़ोतरी हुई है। ग्रामीण बोले- परिवार बर्बाद हो रहे हैंग्रामीणों ने कहा कि इस अवैध शराब के कारण गांव के युवा वर्ग और छोटे बच्चों पर बेहद नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है। कई हंसते-खेलते परिवार इसके चलते आर्थिक और सामाजिक रूप से पूरी तरह बर्बाद होने की कगार पर पहुंच गए हैं। क्षेत्र की महिलाएं और बुजुर्ग भी इस समस्या से काफी ज्यादा प्रताड़ित और परेशान हैं। इस अवैध कारोबार को बंद करने के लिए कई बार अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से अवैध शराब कारोबारियों के हौसले बुलंद हैं। इस दौरान एडवोकेट नंदकिशोर मीणा सहित गांव की अनीता, सोनिया, कमला, विमला देवी, तारा आदि मौजूद थी।
खंडवा में 45 डिग्री के पार तापमान:मेडिकल कॉलेज अस्पताल में बंद पड़े एसी, एंबुलेंस भी हो रहीं खराब
खंडवा में अधिकतम तापमान 45 डिग्री के पार पहुंच गया है। अल सुबह से लेकर देर शाम तक गर्म लपटों का असर बना हुआ है। तेज गर्मी के कारण बाजारों में भी सन्नाटा पसरा हुआ है। वहीं भीषण गर्मी का सबसे ज्यादा असर हेल्थ सिस्टम पर देखने को मिल रहा है। प्रसूति वार्ड में बंद पड़े मिले एसीभास्कर की पड़ताल में मेडिकल कॉलेज अस्पताल के प्रसूति वार्ड में लगे एसी बंद मिले। महिला चिकित्सालय के प्रसूति वार्ड में चार एसी लगे हुए हैं। इनमें से तीन बंद पड़े हैं, जबकि एक एसी चालू है, जो हर आधे घंटे में बंद हो जाता है। एसी का पानी भी बाहर बह रहा है। अधिकांश महिला मरीज अपने घरों से स्टैंड पंखे लाकर इस्तेमाल कर रही हैं। इसके बावजूद अस्पताल प्रशासन ने अब तक कोई सुध नहीं ली है। गनीमत यह है कि अस्पताल की बिल्डिंग दो-तीन मंजिला है, जिससे हीटवेव का असर कुछ कम हो जाता है। एंबुलेंस सेवा भी हुई प्रभावितभीषण गर्मी के बीच 108 एंबुलेंस सेवा भी प्रभावित नजर आ रही है। कई एंबुलेंस बीच रास्ते में खराब हो रही हैं। हालात ऐसे हो गए हैं कि इमरजेंसी के समय एंबुलेंस उपलब्ध नहीं हो पा रही है। वहीं जिला स्वास्थ्य विभाग के मेडिकल स्टोर में दवाओं की सुरक्षा के लिए एसी और कूलर लगाए गए हैं, ताकि तेज गर्मी में दवाएं खराब न हों। किसानों के लिए सिंचाई में परेशानी हो रहीभीषण गर्मी के बीच किसानों ने कपास और मूंग की फसल की बुवाई कर दी है। सिंचाई के लिए किसानों को बिजली की जरूरत पड़ रही है, लेकिन बिजली कंपनी की ओर से सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक ही बिजली दी जा रही है। दोपहर की तेज गर्मी में खेतों की सिंचाई करना किसानों के लिए परेशानी बन गया है। भारतीय किसान संघ के जिला महामंत्री सुभाष पटेल ने इस समस्या को लेकर आंदोलन की चेतावनी दी है।
मेरठ में जेल चुंगी से किला रोड की ओर जाने वाली सड़क पर इन दिनों जगह-जगह लगे कूड़े के ढेरों से इलाके में गंदगी और बदबू फैल रही है, जिससे स्थानीय लोगों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसके साथ ही पास ही में स्कूल होने से छात्रों में बीमारी का खतरा बढ़ रहा है। लोगों का कहना है कि यहां आए दिन कूड़े में आग लग जाती है। इससे उठने वाला जहरीला धुआं आसपास के क्षेत्र में फैल जाता है, जिससे लोगों को सांस लेने में दिक्कत और आंखों में जलन जैसी समस्याएं हो रही हैं। लोगों ने आरोप लगाया कि कई बार शिकायत करने के बावजूद नगर निगम की ओर से स्थायी समाधान नहीं किया गया। जानकारी के अनुसार शहर से कूड़ा उठाने वाली नगर निगम की गाड़ियां रोजाना इसी स्थान पर रुकती हैं और बड़े डंपर में कूड़ा ट्रांसफर करती हैं। लेकिन जिस जगह कूड़ा ट्रांसफर किया जाता है, वहीं लगातार कूड़ा जमा होने से सड़क किनारा मिनी डंपिंग ग्राउंड में तब्दील हो गया है। मामले की जानकारी मिलने पर छात्र नेता विनीत चपराना मौके पर पहुंचे। उन्होंने नगर निगम अधिकारियों के खिलाफ नाराजगी जताते हुए मौके पर हंगामा किया और जल्द सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग उठाई। विनीत चपराना ने कहा कि नगर निगम शहर को स्वच्छ रखने के बड़े-बड़े दावे करता है, लेकिन हकीकत में सड़कों को ही कूड़ाघर बना दिया गया है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द सफाई नहीं हुई तो स्थानीय लोगों के साथ मिलकर बड़ा आंदोलन किया जाएगा। इसके साथ ही इस कूड़े को छात्र यहांसे उठाकर संबंधित अधिकारियों के आवास पर ले जाकर ही प्रदर्शन करेंगे।
भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक असली) के कार्यकर्ताओं ने सोमवार को संभल में किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर प्रदर्शन किया। संगठन के पदाधिकारियों और बड़ी संख्या में किसान बहजोई स्थित कलेक्ट्रेट पहुंचे और जिलाधिकारी को छह सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी समस्याओं का जल्द समाधान नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। ज्ञापन में औद्योगिक गलियारे के लिए प्रस्तावित गांवों की भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया में सर्किल रेट के बजाय बाजार दर पर मुआवजा देने की मांग की गई। किसानों का कहना था कि वर्तमान व्यवस्था से उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। खतौनी में त्रुटियां सुधारने की मांग किसानों ने राजस्व अभिलेखों, विशेष रूप से खतौनी में सहखातेदारों के नाम और अंशों में हुई त्रुटियों को अभियान चलाकर ठीक कराने की मांग की। उनका आरोप था कि जल्दबाजी में की गई प्रविष्टियों के कारण भूमि विवाद बढ़ रहे हैं। खाद की उपलब्धता और MSP का मुद्दा उठाया भाकियू कार्यकर्ताओं ने रासायनिक उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा उनकी जमाखोरी और कालाबाजारी पर रोक लगाने की मांग भी की। इसके साथ ही मंडी समितियों में किसानों की उपज को न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) से कम दरों पर खरीदने और मंडी शुल्क में हो रही अनियमितताओं को रोकने की आवश्यकता पर जोर दिया गया। बिजली और भ्रष्टाचार पर भी जताई नाराजगी किसानों ने ग्रामीण क्षेत्रों में निर्धारित रोस्टर के अनुसार बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग उठाई। साथ ही तहसील और थानों में कथित भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने की बात कही। चकबंदी से जुड़े लंबित मामलों का जल्द निस्तारण कराने की मांग भी ज्ञापन में शामिल रही। कई किसान नेता रहे मौजूद इस दौरान जिला अध्यक्ष राजपाल सिंह, सचिन यादव, आशिक रजा, ओम प्रकाश, ऋषि पाल यादव, जयवीर सिंह, सत्यपाल, केदारी सिंह, बाबूराम प्रजापति और वीरेश यादव सहित बड़ी संख्या में किसान नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
ऑनलाइन दवाओं की बिक्री को लेकर देशभर में केमिस्ट संगठनों का विरोध अब तेज हो गया है। मरीजों की सुरक्षा, फर्जी प्रिस्क्रिप्शन और दवाओं की गुणवत्ता को लेकर उठ रहे सवालों के बीच 20 मई को देशव्यापी हड़ताल का ऐलान किया गया है। राजधानी लखनऊ समेत पूरे उत्तर प्रदेश में इसका असर देखने को मिलेगा। इस बीच संगठन के पदाधिकारियों ने सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपकर अपनी मांगें भी रखी हैं। 20 मई को देशभर में बंद का ऐलान ऑल इंडिया ऑर्गेनाइजेशन ऑफ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट (AIOCD) और लखनऊ केमिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन ने ऑनलाइन दवा बिक्री के विरोध में 20 मई को देशव्यापी हड़ताल का ऐलान किया है। लखनऊ सहित पूरे यूपी में मेडिकल स्टोर बंद रखने की तैयारी है। सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा गया ज्ञापन सोमवार दोपहर संगठन के पदाधिकारियों ने सिटी मजिस्ट्रेट ज्ञान चंद्र गुप्ता को ज्ञापन सौंपकर अपनी मांगों से अवगत कराया। इसमें ऑनलाइन दवा बिक्री पर नियंत्रण और कड़े नियम लागू करने की मांग प्रमुख रूप से उठाई गई। मरीजों की सुरक्षा से जुड़ा बड़ा मुद्दा लखनऊ केमिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष अमित तिवारी का कहना है कि यह सिर्फ व्यापार का मामला नहीं, बल्कि जनस्वास्थ्य से जुड़ा गंभीर मुद्दा है। उनका आरोप है कि कई ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर बिना उचित मेडिकल जांच और फार्मासिस्ट सत्यापन के दवाएं बेची जा रही हैं, जो मरीजों के लिए खतरनाक हो सकती हैं। नशे में इस्तेमाल होने वाली दवाओं पर चिंता संगठनों ने दावा किया कि ऑनलाइन माध्यम से युवाओं तक नशे में इस्तेमाल होने वाली दवाएं आसानी से पहुंच रही हैं। दर्द निवारक, स्लीपिंग पिल्स और कुछ प्रतिबंधित दवाओं के दुरुपयोग को लेकर विशेष चिंता जताई गई है। स्थानीय दुकानों पर सख्ती, ऑनलाइन पर ढील का आरोप दवा व्यापारियों के मुताबिक, स्थानीय मेडिकल स्टोर्स पर फार्मासिस्ट संदिग्ध ग्राहकों को दवा देने से मना कर देते हैं, लेकिन ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर इस तरह की निगरानी प्रभावी तरीके से लागू नहीं हो पा रही है। नकली दवाओं और भारी डिस्काउंट पर सवाल संगठनों ने आरोप लगाया कि ऑनलाइन कंपनियां भारी छूट देकर दवाएं बेच रही हैं, जो सामान्य नियमों के तहत संभव नहीं है। इससे नकली दवाओं या किसी बड़े फर्जीवाड़े की आशंका जताई जा रही है। सरकार से कड़े नियमों की मांग केमिस्ट संगठनों ने ऑनलाइन दवा बिक्री पर सख्त नियम लागू करने, फर्जी प्रिस्क्रिप्शन रोकने के लिए मजबूत सत्यापन प्रणाली बनाने और बिना फार्मासिस्ट निगरानी दवा वितरण पर रोक लगाने की मांग की है। साथ ही जीएसआर 817 और कोविड काल में लागू जीएसआर 220 जैसे प्रावधानों को वापस लेने की भी मांग उठाई गई है। इमरजेंसी सेवाएं जारी रखने का दावा संगठनों ने स्पष्ट किया है कि हड़ताल के दौरान इमरजेंसी और जीवन रक्षक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी। इसके लिए टोलफ्री नंबर जारी करने की भी बात कही गई है, ताकि मरीजों को परेशानी न हो। चार साल बाद बाजार बंद करने का फैसला केमिस्ट संगठनों ने करीब चार साल बाद दवा बाजार बंद करने का निर्णय लिया है। उनका कहना है कि यदि सरकार ने इस मुद्दे पर ठोस कदम नहीं उठाए, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
बुरहानपुर में कोतवाली पुलिस ने डाकवाड़ी स्थित रेन बसेरा में बेसहारा बुजुर्गों से मुलाकात की। पुलिस टीम ने उनका हालचाल जाना और उन्हें अपने हाथों से भोजन परोसा। यह पहल पुलिस अधीक्षक आशुतोष बागरी के सामुदायिक पुलिसिंग को बढ़ावा देने के निर्देश के बाद की गई। कोतवाली थाना प्रभारी नीता देअरवाल अपनी टीम के साथ रेन बसेरा पहुंचीं। उन्होंने वहां रह रहे बुजुर्गों से आत्मीयता से बातचीत की, उनके स्वास्थ्य और अन्य आवश्यकताओं के बारे में जानकारी ली। पुलिस टीम के इस मानवीय व्यवहार को देखकर कई बुजुर्ग भावुक हो गए। शुरुआत में कुछ संकोच करने वाले बुजुर्गों ने भी पुलिसकर्मियों के विनम्र आचरण के बाद सहज महसूस किया। बुरहानपुर एसपी आशुतोष बागरी ने पुलिस टीम की इस पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह कदम पुलिस की संवेदनशीलता और जवाबदेही को दर्शाता है। एसपी ने जोर दिया कि बुरहानपुर पुलिस जहां अपराधियों के प्रति सख्त है, वहीं बुजुर्गों और जरूरतमंदों के प्रति उतनी ही संवेदनशील भी है। दरअसल एसपी ने बुरहानपुर में कुछ दिन पहले ही पदभार ग्रहण करने के बाद पुलिस टीम से कहा कि वह अपने अपने थाना क्षेत्रों में अच्छा काम करें। इसका असर भी देखने को मिल रहा है।
भीलवाड़ा शहर के पुर रोड स्थित प्रतापनगर स्कूल परिसर में स्थापित प्राचीन जुझार जी महाराज की मूर्ति को असामाजिक तत्वों द्वारा खंडित किए जाने का मामला सामने आया है। पवित्र देवस्थान पर तोड़फोड़ की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण और हिंदू संगठनों के लोग मौके पर इकट्ठा हो गए और पुलिस से आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। तेली समाज गुटकणिया परिवार आस्था का केंद्र इस प्राचीन देवस्थान से स्थानीय तेली समाज की गहरी आस्था जुड़ी हुई है। यहां तेली समाज के गुटकणिया परिवार द्वारा पिछले कई सालों से नियमित रूप से पूजा-अर्चना और धार्मिक अनुष्ठान किए जा रहे थे। इस तरह अचानक आस्था के केंद्र को निशाना बनाए जाने से समाज जनों की भावनाएं आहत हुई हैं, जिसके चलते मौके पर बड़ी संख्या में लोग एकत्रित हो गए। प्रदर्शन के बाद आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग घटना की सूचना मिलते ही विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल के पदाधिकारियों सहित तेली समाज के युवा और प्रबुद्ध जन घटना स्थल पहुंचे। इस दौरान घटना को लेकर लोगों मे रोष देखा गया। बड़ी संख्या में लोग मौके पर जमा हो गए और पुलिस प्रशासन से दोषियों को तत्काल गिरफ्तार कर कड़ी से कड़ी कार्रवाई करने की मांग की। शहर का माहौल खराब करने का प्रयास विहिप के भीलवाड़ा महानगर सह मंत्री सुशील सुवालका ने कहा कि कुछ असामाजिक तत्व लगातार भीलवाड़ा शहर के शांत माहौल में जहर घोलकर भाईचारे को खराब करने की घिनौनी कोशिशें कर रहे हैं। ऐसी ताकतों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने पुलिस प्रशासन को चेतावनी भरे लहजे में कहा कि जल्द से जल्द दोषियों को बेनकाब कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कदम उठाए जाएं। पुलिस मौके पर, समझाइश के प्रयास जारी घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए प्रतापनगर थाना प्रभारी सुनील ताड़ा पुलिस जाप्ते के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने मामले को शांत कराने और मामला सुलझाने के लिए समझाइश के प्रयास शुरू किए। थाना प्रभारी सुनील ताड़ा ने बताया कि पुलिस टीम ने घटनास्थल का मौका-मुआयना किया है। असामाजिक तत्वों की पहचान के लिए जांच शुरू कर दी गई है ।
अररिया में 'जन भागीदारी-सबसे दूर, सबसे पहले' आईईसी अभियान योजना के तहत 'जन भागीदारी सप्ताह' का शुभारंभ किया गया। यह अभियान 18 मई से 25 मई 2026 तक आयोजित होगा। जिला पदाधिकारी विनोद दूहन ने दीप प्रज्ज्वलित कर इसका उद्घाटन किया। समाहरणालय अररिया स्थित परमान सभागार में जनजातीय गरिमा उत्सव– 2026 के अंतर्गत इस अभियान का विधिवत उद्घाटन किया गया। इस अवसर पर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस भी आयोजित की गई, जिसमें अभियान की रूपरेखा और उद्देश्यों की जानकारी दी गई। गांवों और टोलों में होंगी व्यापक गतिविधियां जिला पदाधिकारी ने बताया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य सुदूरवर्ती और जनजातीय बहुल क्षेत्रों तक सरकारी योजनाओं का शत-प्रतिशत लाभ पहुंचाना तथा लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान करना है। अभियान के तहत 19 मई से 25 मई तक चिन्हित गांवों और टोलों में व्यापक गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। 'विलेज प्रोटेक्ट एक्टिविटी' का आयोजन सभी प्रखंड कल्याण पदाधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे जन भागीदारी शिविर का व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करें। साथ ही, सभी पंचायतों में आयोजित 'विलेज प्रोटेक्ट एक्टिविटी' के माध्यम से अधिक से अधिक लोगों की सहभागिता सुनिश्चित की जाए। जिला कल्याण पदाधिकारी को जनजातीय क्षेत्रों में नशा मुक्ति और बाल विवाह उन्मूलन से संबंधित नुक्कड़ नाटकों का आयोजन कराने का भी निर्देश दिया गया है। बच्चों का विद्यालयों में नामांकन पर भी जोर इसके अतिरिक्त, सभी प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारियों को ग्राम सभाओं में जाकर लोगों को शिविर के उद्देश्यों और लाभों के प्रति जागरूक करने के लिए निर्देशित किया गया है। जनजातीय क्षेत्रों के सभी बच्चों का विद्यालयों में नामांकन सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। अभियान के अंतर्गत 19 मई से 25 मई तक चिन्हित स्थलों पर वृक्षारोपण किया जाएगा और स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन कर जनजातीय समुदाय के लोगों की स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का निदान सुनिश्चित किया जाएगा। 20 मई को प्रखंड स्तरीय पदाधिकारी और कर्मी चिन्हित गांवों में पैदल मार्च कर लोगों को 21 मई से 23 मई तक आयोजित होने वाली जन सुनवाई के प्रति जागरूक करेंगे। 21 मई से 23 मई तक विभिन्न विभागों के संयुक्त शिविरों के माध्यम से चिन्हित गांवों के तहत लोगों को सरकारी योजनाओं से आच्छादित किया जाएगा, उनकी शिकायतों का निपटारा किया जाएगा तथा पात्र लाभुकों को उनके अधिकार दिलाए जाएंगे। 24 मई को शिविरों के माध्यम से लाभान्वित व्यक्तियों एवं प्रदान किए गए योजनागत लाभों का विस्तृत प्रतिवेदन तैयार किया जाएगा। वहीं 25 मई को अभियान की उपलब्धियों, लाभुकों को मिले लाभ तथा आगे की रणनीति की जानकारी साझा की जाएगी। मकान सूचीकरण का कार्य 71.45 प्रतिशत पूर्णविदित हो कि जन भागीदारी अभियान के तहत पलासी प्रखंड अंतर्गत 05 पंचायतों के 10 अनुसूचित जनजाति बाहुल गाँवों यथा बलुआ (पंचायत- बलुआ कलियागंज), रामनगर (पंचायत- कुजरी), बेलवाड़ी, बेनी, लोखडा (पंचायत- पकड़ी), दीपनगर, बड़गांव, सोनाकन्दर (पंचायत- नकटाखुर्द) खपड़ा, बरौली (पंचायत- बरहकुंबा), में दिनांक 19 मई से 25 मई तक शिविर का आयोजन किया जाएगा। प्रेस प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए जिला पदाधिकारी द्वारा जनगणना एवं सहयोग शिविर की प्रगति की भी जानकारी दी गई। उन्होंने बताया कि जनगणना के तहत मकान सूचीकरण का कार्य 71.45 प्रतिशत पूर्ण कर लिया गया है। वहीं सहयोग शिविरों के माध्यम से अब तक लगभग 900 शिकायतें प्राप्त हुई हैं, जिनके निष्पादन की प्रक्रिया जारी है।
बस्तर संभाग के कभी माओवाद प्रभावित रहे इलाकों में अब विकास कार्यों को गति मिली है। केंद्र और राज्य सरकार की संयुक्त पहल से इन क्षेत्रों में शांति स्थापित होने के बाद सड़क, पुल-पुलिया और अन्य मूलभूत सुविधाओं का तेजी से विस्तार हो रहा है। दूरस्थ वनांचल गांवों तक पक्की सड़कों का जाल बिछाया जा रहा है, जिससे ग्रामीणों के जीवन में सकारात्मक बदलाव आ रहा है। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) के तहत कोंडागांव जिले के सुदूर गांवों को मुख्य मार्गों से जोड़ने का कार्य तेजी से चल रहा है। सुरक्षा कारणों और माओवादी दहशत के कारण वर्षों तक जिन गांवों में सरकारी योजनाएं नहीं पहुंच पाती थीं, वहां अब निर्माण कार्य शुरू हो गए हैं। जिले में 103 किलोमीटर से ज्यादा 29 सड़कों के निर्माण को मंजूरी जिले में कुल 103.60 किलोमीटर लंबी 29 महत्वपूर्ण सड़कों के निर्माण को स्वीकृति मिली है। इन कार्यों की कुल लागत 78 करोड़ 24 लाख रुपए है। इसमें पीएमजीएसवाई परियोजना क्रियान्वयन इकाई कोंडागांव के तहत 19 सड़कों की कुल लंबाई 68.37 किलोमीटर है, जिसकी लागत 50 करोड़ 27 लाख रुपए है। केशकाल में 11 नई ग्रामीण सड़कों को मिली मंजूरी प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के कार्यपालन अभियंता से मिली जानकारी के अनुसार, केशकाल क्षेत्र में पीएमजीएसवाई-4 (वर्ष 2025-26) के तहत 11 सड़कों का निर्माण स्वीकृत हुआ है। इन सड़कों की कुल लंबाई 39.23 किलोमीटर है। इनमें बावनमारी-बेडमामारी, होनहेड़-घोड़ाझर, बिंझे-चिखलाडीही, कलेपाल-पराली और रावबेड़ा-गिरगोली जैसे कई ग्रामीण मार्ग शामिल हैं। फरसगांव क्षेत्र में पतोड़ा से कुम्हारपारा तक सड़क निर्माण भी स्वीकृत किया गया है। मर्दापाल में 45 किमी लंबी 12 नई सड़कों का निर्माण होगा इसी तरह मर्दापाल क्षेत्र में 45 किलोमीटर लंबी 12 सड़कों का निर्माण किया जाएगा। इनमें पुजारीपारा-कटुलपारा, पल्ली-बरसूर मार्ग से कीलम, लखापुरी-एहरा, बयानार मार्ग से बड़को और छोटेउसरी से टिमेनार जैसे महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, कोंडागांव क्षेत्र में भी 20.36 किलोमीटर लंबी 6 सड़कों का निर्माण प्रस्तावित है। इन सड़क निर्माण कार्यों से ग्रामीण क्षेत्रों में आवागमन की सुविधा बेहतर होगी। इससे शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार जैसी बुनियादी सेवाओं तक लोगों की पहुंच आसान बनेगी। स्थानीय ग्रामीणों को बाजारों और अन्य आर्थिक गतिविधियों से जुड़ने का अवसर मिलेगा, जिससे उनकी आजीविका में सुधार होगा। इन विकास कार्यों से क्षेत्र में पर्यटन की संभावनाओं को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
जहानाबाद में जनता दरबार आयोजित:डीएम ने सुनीं आम लोगों की समस्याएं, 22 आवेदनों पर सुनवाई हुई
जहानाबाद में सोमवार को जिलाधिकारी अलंकृता पाण्डेय की अध्यक्षता में जनता दरबार का आयोजन किया गया। समाहरणालय स्थित कार्यालय प्रकोष्ठ और ग्राम प्लेक्स भवन में आयोजित इस दरबार में आम लोगों की विभिन्न समस्याओं से संबंधित कुल 22 आवेदनों पर सुनवाई हुई। जिलाधिकारी ने सभी मामलों के समयबद्ध समाधान का आश्वासन दिया। जनता दरबार में शिक्षा विभाग से जुड़े विद्यालय नामांकन के 4 मामले, स्वास्थ्य विभाग के 2 मामले और अतिक्रमण वाद के 4 मामले सामने आए। इसके अतिरिक्त, परिमार्जन से संबंधित 1 मामला, भू-अर्जन भुगतान का 1 मामला तथा नाली-गली से जुड़े 2 मामलों पर भी सुनवाई हुई। विद्युत आपूर्ति और जलजमाव जैसी अन्य समस्याएं भी उठाई गईं। जिलाधिकारी ने भूमि विवाद से संबंधित मामलों को गंभीरता से लिया और संबंधित अंचल पदाधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। शिक्षा नामांकन संबंधी शिकायतों के समाधान के लिए जिला शिक्षा पदाधिकारी को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए। अन्य विभागों से जुड़े मामलों के शीघ्र निष्पादन हेतु संबंधित अधिकारियों को नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा गया। इस जनता दरबार में राजीव कुमार, विनय कुमार सिंह, रोहित कुमार मिश्रा, होमा इरफान, पूनम कुमारी, विजेता रंजन और संजय कुमार सहित कई जिला स्तरीय पदाधिकारी उपस्थित रहे।
अलीगढ़ में खेरेश्वर चौराहा स्थित श्री बालाजी मंदिर को तोड़ने की जानकारी मिलने पर जमकर हंगामा हुआ। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) द्वारा मंदिर को जबरन तोड़े जाने की भनक लगते ही स्थानीय जनता और हिंदूवादी संगठनों का गुस्सा फूट पड़ा। थोड़ी ही देर में करणी सैनिक और अन्य लोग सड़क पर उतर आए। उन्होंने प्रशासन व एनएचएआई के खिलाफ जमकर नारेबाजी शुरू कर दी। लोगों के आक्रोश को देखते हुए प्रशासन को मंदिर तोड़े जाने की कार्रवाई को रोकना पड़ा है। मौके पर सुरक्षा के लिहाज से भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। वहीं, क्षत्रिय करणी सेना के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ज्ञानेंद्र चौहान के आत्महाद की चेतावनी के बाद एसडीएम कोल महिमा मौके पर पहुंची और मंदिर प्रशासन व लोगों से बातचीत की। हिंदुओं की आस्था को टारगेट करने का आरोप क्षत्रिय करणी सेना के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ज्ञानेंद्र चौहान ने आरोप लगाया कि विकास के नाम पर हमेशा हिंदू की आस्था के साथ ही खिलवाड़ किया जाता है। एनएचएआई की मथुरा रोड और आगरा रोड पर हाईवे की सीमा के भीतर तमाम अवैध मजारें बनी हुई हैं, पहले उनको तोड़ा जाए। इसके अलावा ऊपरकोट, शाहजमाल, भुजपुरा, अमीनिशा और दोधपुर जैसे इलाके भी अवैध अतिक्रमण मुक्त कराए जाएं। इसके बाद ही मंदिर को तोड़ने की बात करें। उन्होंने कहा कि इससे पहले कोल विधानसभा के रामघाट रोड पर पथवारी मंदिर के साथ भी ऐसा ही करने का प्रयास किया गया था, लेकिन जन-प्रयासों से मंदिर को आंच नहीं आने दी गई। जबरन कार्रवाई हुई तो कर लूंगा आत्मदाह ज्ञानेंद्र चौहान ने कहा कि वे किसी भी कीमत पर मंदिर को टूटने नहीं देंगे। उन्होंने कहा कि रेलवे की भूमि पर बनी बरछी बहादुर दरगाह और कब्जा कर बनाई गई अवैध मजारों-मस्जिदों को पहले नहीं तोड़ा गया, तो कोई बात नहीं होगी। अगर प्रशासन ने जबरन मंदिर पर बुलडोजर चलाने या इसे तोड़ने का प्रयास किया तो मंदिर के सामने हाईवे पर खड़े होकर आत्मदाह कर लेंगे। पिलर बेस पुल बनाने की मांग लोगों ने कहा कि खुद को सनातन धर्म की हितैषी और रक्षक बताने वाली सरकार के राज में ही आज मंदिरों को निशाना बनाया जा रहा है। जनभावनाओं को कुचलकर प्रशासन तानाशाही रवैया अपना रहा है। मंदिर समिति और श्रद्धालुओं ने मांग रखी है कि हाईवे के इस हिस्से पर पिलर बेस पुल का निर्माण किया जाए, जिससे विकास कार्य भी पूरा हो सके और प्राचीन मंदिर को भी हर हाल में बचाया जा सके। प्रदर्शन के बाद काम रुका तनाव बढ़ता देख पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भारी बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने आक्रोशित भीड़ को समझाने-बुझाने का प्रयास किया। गणेश मंदिर के अचलेश्वर पीठाधीश्वर महंत विनय नाथ ने कहा कि हिंदुओं की आस्था को किसी भी कीमत पर चोट नहीं पहुंचने दी जाएगी। उधर, मौके पर पहुंची एसडीएम कोल महिला वर्मा ने मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं से बात की। लंबे वार्तालाप के बाद उन्होंने लोगों को आश्वासन दिया कि सबसे पहले पिलर लगाकर सड़क बनाने पर विचार किया जाएगा। इसके बाद भी अगर कोई परेशानी होती है तो मंदिर के लिए अगल से जगह दी जाएगी। ये लोग रहे मौजूद मौके पर मंदिर समिति के अंशुल वार्ष्णेय, एडवोकेट मुकेश वार्ष्णेय, जिलाध्यक्ष सत्येंद्र राघव, हैरी वार्ष्णेय, पुष्पेंद्र वार्ष्णेय, सचिन राघव, विष्णुकांत, दीपक राजपूत समेत सैकड़ों महिलाएं और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
हरदा जिले में मूंग की फसल के लिए किसानों को पर्याप्त पानी नहीं मिलने का मुद्दा गरमा गया है। जिला कांग्रेस अध्यक्ष मोहन सांई ने आरोप लगाया कि सरकार ने मूंग की बोनी के समय 2200 क्यूसेक पानी देने का वादा किया था, लेकिन वर्तमान में किसानों को केवल 1700 क्यूसेक पानी ही मिल रहा है। मोहन सांई ने कहा कि मूंग की फसल इस समय फूल पर है और जिले में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस से ऊपर बना हुआ है। ऐसे में किसानों को अगले 10 दिनों तक लगातार पानी की जरूरत है। बोले- गर्मी से झड़ सकते हैं फसल के फूल उन्होंने कहा कि यदि समय पर पर्याप्त पानी नहीं मिला, तो तेज गर्मी के कारण मूंग के फूल झड़ जाएंगे और किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ेगा। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि सिंचाई व्यवस्था में लापरवाही के कारण किसानों की चिंता बढ़ गई है। जिला कांग्रेस अध्यक्ष मोहन सांई ने बताया कि इस संबंध में उन्होंने होशंगाबाद कमिश्नर और सिंचाई विभाग के अधिकारी एसी मीणा से चर्चा की है। उन्होंने अधिकारियों से मांग की है कि किसानों को अगले 10 दिनों तक पर्याप्त पानी उपलब्ध कराया जाए, ताकि फसल को नुकसान से बचाया जा सके। पानी नहीं मिला तो होगा आंदोलन मोहन सांई ने चेतावनी दी कि यदि किसानों को पर्याप्त पानी नहीं मिला, तो जिला कांग्रेस किसानों के साथ मिलकर आंदोलन करेगी। सोमवार को नहरों के निरीक्षण के दौरान उनके साथ किसान कांग्रेस प्रदेश महामंत्री रविशंकर शर्मा, संदीप सोलंकी सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
दुर्ग जिले के जामुल थाना क्षेत्र में एक बेटे ने मोबाइल नहीं मिलने की बात पर अपने ही मां-पिता पर हसिए से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमले में मां गंभीर रूप से घायल हो गईं, जबकि पिता को भी चोटें आई हैं। घटना के बाद आसपास के लोगों ने आरोपी बेटे को पकड़कर रस्सी से बांध दिया और पुलिस को सूचना दी। जामुल निवासी दिनेश साहू (50) और उनकी पत्नी खिलेश्वरी साहू (47) अपने बेटे राकेश साहू को इलाज के लिए अस्पताल ले जा रहे थे। बताया जा रहा है कि राकेश का इलाज कुरुद स्थित चंदूलाल चंद्राकर मेडिकल कॉलेज में चल रहा है। इसी सिलसिले में परिवार उसे अस्पताल लेकर जा रहा था। अस्पताल जाने से पहले राकेश ने अपने पिता से मोबाइल मांगा। पिता ने उसे बाद में मोबाइल देने की बात कही। इसी बात से राकेश नाराज हो गया। देखते ही देखते उसने अपना आपा खो दिया और हसिए से पहले पिता पर हमला कर दिया। इसके बाद उसने मां पर भी लगातार कई वार कर दिए। पड़ोसियों ने रस्सी से बांधकर पाया काबूहमले के दौरान चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। पड़ोसियों ने पहले अन्य लोगों को बुलाया, फिर मिलकर आरोपी युवक को घेर लिया। काफी मशक्कत के बाद लोगों ने उसे पकड़कर रस्सी से बांध दिया, ताकि वह किसी और पर हमला न कर सके। पड़ोसियों रस्सी से बांधकर लाया अस्पतालघटना के बाद पड़ोसियों ने ही घायल पति-पत्नी को सुपेला स्थित लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल पहुंचाया। वहीं आरोपी बेटे को भी रस्सी से बांधकर अस्पताल ले जाया गया। प्राथमिक इलाज के बाद मां खिलेश्वरी साहू की हालत गंभीर होने पर उन्हें रायपुर के मेकाहारा अस्पताल रेफर कर दिया गया। वहीं आरोपी बेटे का इलाज भी मेकाहारा में चल रहा है। डॉक्टरों के मुताबिक, पिता दिनेश साहू को ज्यादा गंभीर चोट नहीं आई है और उनकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है। दूसरी ओर मां की हालत चिंताजनक बनी हुई है। पुलिस कर रही कार्रवाईघटना की सूचना मिलने के बाद जामुल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की। पुलिस परिवार और आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है। शुरुआती जांच में मोबाइल को लेकर हुए विवाद की बात सामने आई है। भिलाई नगर सीएसपी सत्यप्रकाश तिवारी ने बताया कि बेटा मोबाइल मांग रहा था। परिजनों ने उसे बाद में मोबाइल देने की बात कही थी। इसी बात से नाराज होकर उसने मां-पिता पर हसिए से हमला कर दिया। घायल मां और बेटे दोनों का रायपुर के मेकाहारा अस्पताल में इलाज चल रहा है।
नमस्कार, ये है, इंदौर में आज की 10 बड़ी खबरें। अब आप एक ही जगह पर शहर की दिनभर की बड़ी खबरें रोज शाम 5 बजे पढ़ सकते हैं। इंदौर में कब क्या हुआ, इसकी सारी जानकारी यहां मिलेगी। राजनीति से लेकर हर दिन होने वाले बड़े इवेंट, हादसे, कार्यक्रम सबकुछ मिलेगा..। 1. इंदौर में टैंकर ने बाइक को मारी टक्कर,तीन की मौतइंदौर के धार रोड स्थित हाईलिंक कॉलोनी के सामने सोमवार सुबह हुए सड़क हादसे में एक मां और उसके दो मासूम बच्चों की दर्दनाक मौत हो गई। परिवार के छह लोग (तीन वयस्क-तीन बच्चे) एक ही बाइक पर सवार होकर पगड़ी कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे, तभी पीछे से आए तेज रफ्तार टैंकर ने उन्हें टक्कर मार दी। पूरी खबर यहां पढ़ें… 2. इंदौर में युवक पर चाकू से हमला, VIDEO इंदौर में युवक पर चाकू से हमला करने का वीडियो सामने आया। इसमें आरोपी युवक पर ताबड़तोड़ चाकू से हमला करता नजर आ रहा है। आरोपी एक के बाद एक युवक पर कई वार करता दिख रहा है। हमले में युवक को चाकू के चार वार लगे हैं। पूरी खबर यहां पढ़ें… 3. इंदौर में पांचवीं मंजिल से गिरे जूनियर डॉक्टर की मौतइंदौर के एमजीएम मेडिकल कॉलेज के बॉयज हॉस्टल में रविवार देर रात एक पीजी डॉक्टर की मौत हो गई। डॉक्टर का शव हॉस्टल की पांचवीं मंजिल से गिरने के बाद परिसर में मिला। पुलिस आत्महत्या और हादसा, दोनों पहलुओं से जांच कर रही है। पूरी खबर यहां पढ़ें… 4. शाजापुर बस हादसे में जिंदा जले मासूम को लेकर आक्रोशशाजापुर बस हादसे में जिंदा जलकर चार वर्षीय मासूम अनय जैन की मौत को लेकर दिगंबर जैन समाज में भारी आक्रोश है। सोमवार को दिगंबर जैन समाज (सामाजिक संसद) के समाजजन कलेक्ट्रेट पहुंचे और ज्ञापन सौंपकर मामले की उच्च स्तरीय एवं निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। पूरी खबर यहां पढ़ें… 5. म्यूजियम की 5 विरासतें, जिन्होंने इंदौर की पहचान गढ़ी इंदौर के म्यूजियम में संरक्षित कई दुर्लभ आर्टिफैक्ट्स केवल इतिहास की निशानी नहीं हैं, बल्कि वे उस दौर की सामाजिक, सांस्कृतिक और आर्थिक समृद्धि की कहानी भी बताते हैं। म्यूजियम डे पर दैनिक भास्कर की विशेष प्रस्तुति में इतिहासकार जफ़र अंसारी और म्यूजियम क्यूरेटर आशुतोष महाशब्दे ऐसे चुनिंदा आर्टिफैक्ट्स से जुड़ी रोचक और कम चर्चित जानकारियां साझा की। पूरी खबर यहां पढ़ें… 6. इंदौर के रीजनल पार्क में पुलिस का सीक्रेट स्टिंग ऑपरेशनइंदौर में महिलाओं और युवतियों की सुरक्षा को लेकर राजेंद्र नगर थाना पुलिस ने रविवार रात रीजनल पार्क क्षेत्र में गुप्त स्टिंग ऑपरेशन चलाकर दो मनचलों को रंगे हाथों पकड़ लिया। “ऑपरेशन सिक्रेट मिडनाइट” और “ऑपरेशन मजनू” के तहत की गई इस कार्रवाई में महिला पुलिसकर्मियों को सादी वर्दी में मैदान में उतारा गया था। पूरी खबर यहां पढ़ें… 7. इंदौर के हॉस्टल में तोड़फोड़ की मिलेगी सजा देवी अहिल्या विश्वविद्यालय के IET के हॉस्टल में अर्धनग्न होकर ‘दारू बदनाम कर दी’ गाने पर डांस करने और तोड़फोड़ करने के मामले में स्टूडेंट्स को कड़ी सजा मिलेगी। इसे लेकर अनुशासन समिति के सदस्यों की रविवार शाम को इमरजेंसी मीटिंग हो गई, जिसमें कमेटी ने अनुशंसा भी कर दी है। पूरी खबर यहां पढ़ें… 8. इंदौर पुलिस की छापामार कार्रवाईइंदौर में सोमवार तड़के कमिश्नरेट पुलिस ने एक गोपनीय और बड़े ऑपरेशन को अंजाम देते हुए शहर में सक्रिय आपराधिक नेटवर्क पर बड़ी कार्रवाई की। इस हाई-प्रोफाइल ऑपरेशन की खास बात यह रही कि इसमें अवैध कारोबार से जुड़ी एक महिला माफिया के साथ एक प्रधान आरक्षक भी पुलिस के शिकंजे में आ गया। पूरी खबर यहां पढ़ें… 9. इंदौर में फिर बढ़ी गर्मी की तपिश, पारा 42 पारइंदौर में दो दिनों तक तापमान में गिरावट के बाद गर्मी ने फिर तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। तापमान कम होने के बावजूद उमस और तपिश बनी हुई थी, वहीं रविवार को पारे में एक डिग्री की बढ़ोतरी दर्ज की गई। तापमान 42 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंचने से लोग दिनभर परेशान रहे। पूरी खबर यहां पढ़ें… 10. इंदौर में टेंट हाउस के गोदाम में लगी आग इंदौर के खजराना थाना क्षेत्र के कर्बला के पास सोमवार सुबह टेंट हाउस के गोदाम में भीषण आग लग गई। आग इतनी तेज थी कि धुआं कई किलोमीटर दूर से दिखाई देने लगा। सूचना मिलने पर फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया। पूरी खबर यहां पढ़ें…
विदिशा के मुक्तिधाम में सोमवार को अंतिम संस्कार में शामिल होने पहुंचे लोगों ने देखा कि कुछ कुत्ते एक नवजात शिशु के शव को नोच रहे थे। यह भयावह दृश्य देखकर मौके पर मौजूद लोगों के होश उड़ गए। लोगों ने तुरंत कुत्तों को भगाया और मामले की सूचना पुलिस व प्रशासन को दी। मामूली तरीके से दफनाया गया था नवजातप्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, नवजात केशव को मामूली तरीके से दफनाया गया था। इसी वजह से कुत्तों ने कब्र खोदकर शव को बाहर निकाल लिया और उसे नोचना शुरू कर दिया। शव की स्थिति बेहद गंभीर और विचलित करने वाली बताई जा रही है। पुलिस ने पहुंचकर कराया दोबारा दफनघटना की जानकारी मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने मुक्तिधाम कर्मचारियों की मदद से गहरा गड्ढा खुदवाकर नवजात के शव को दोबारा सम्मानपूर्वक दफन कराया। कोतवाली के एक आरक्षक ने बताया कि नवजात के शव मिलने की सूचना प्राप्त हुई थी। मौके पर पहुंचकर आवश्यक कार्रवाई की गई और शव को सुरक्षित तरीके से दफनाया गया। प्रत्यक्षदर्शी ने बताई पूरी घटनामौके पर मौजूद दीपेंद्र सिंह राजपूत ने बताया कि वे अंतिम संस्कार में शामिल होने पहुंचे थे। तभी उन्होंने देखा कि कुत्ते एक नवजात के शव को नोच रहे हैं। इसके बाद लोगों ने तुरंत कुत्तों को भगाया और पुलिस को सूचना दी। घटना के बाद मुक्तिधाम की व्यवस्थाओं और नवजात को इस तरह दफनाने को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं।
सुल्तानपुर के धोपाप धाम में श्रीराम कथा के शुभारंभ से एक दिन पहले सोमवार को कलश शोभायात्रा निकाली गई। यह शोभायात्रा सागर कुटीवा से शुरू होकर तीर्थ स्थल धोपाप पहुंची। आदि गंगा गोमती नदी के तट से जल भरकर आचार्य पंडित राहुल ने कलश पूजन कराया। इसके बाद कलशों को भगवान श्रीराम के मंदिर में स्थापित किया गया। शोभायात्रा में रथ पर भगवान श्रीराम, लक्ष्मण और बजरंगबली की झांकी शामिल थी। सैकड़ों महिलाओं ने सिर पर कलश धारण कर इसमें भाग लिया। कथा के मुख्य संयोजक और धोपाप विकास बोर्ड के अध्यक्ष रवीन्द्र त्रिपाठी के नेतृत्व में यह शोभायात्रा संपन्न हुई। मुख्य आयोजक रवीन्द्र त्रिपाठी ने बताया कि श्रीराम कथा का आयोजन 19 मई से 25 मई तक प्रतिदिन शाम 4 बजे से 7 बजे तक किया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि पिछले कई वर्षों से धोपाप धाम में श्रद्धालुओं की सुविधाओं और आध्यात्मिक वातावरण के विकास के लिए लगातार कार्य किए जा रहे हैं। कथा का समापन 25 मई को होगा। इसके बाद रात्रि में तहरी प्रसाद का वितरण किया जाएगा। 26 मई को सुबह 6 बजे से प्रसाद वितरण कार्यक्रम आयोजित होगा। रवीन्द्र त्रिपाठी ने कलश शोभायात्रा के दौरान पुलिस और प्रशासन द्वारा की गई व्यवस्थाओं की सराहना की। उन्होंने सुरक्षा इंतजामों और पुलिस प्रशासन की मुस्तैदी के लिए आभार व्यक्त किया। त्रिपाठी ने महिलाओं, क्षेत्रवासियों और सभी श्रद्धालुओं का भी आभार जताया। उन्होंने कहा कि उनके सहयोग से ही धोपाप का विकास और ऐसे आयोजनों का सफल संचालन संभव हो पाता है।
उज्जैन स्थित विश्व प्रसिद्ध महाकालेश्वर मंदिर में दर्शन और भस्म आरती के नाम पर श्रद्धालुओं से ठगी के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। दो दिन पहले महाराष्ट्र से आए श्रद्धालुओं से 5 हजार रुपए की ठगी का मामला सामने आया था, वहीं अब गुजरात से आई दो महिलाओं से भस्म आरती में विशेष दर्शन कराने के नाम पर 42 हजार रुपए ठग लिए गए। मामले में महाकाल थाना पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। गुजरात निवासी वीणा धनेरिया ने महाकाल थाने में शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि वह अपनी मित्र अल्पना पटेल के साथ 15 मई को बाबा महाकाल की भस्म आरती में शामिल होने उज्जैन पहुंची थीं। भस्म आरती की बुकिंग के लिए उन्होंने गूगल पर सर्च किया, जहां उन्हें पंडित दीपक मिश्रा नामक व्यक्ति का मोबाइल नंबर मिला। महिला के अनुसार आरोपी ने खुद को मंदिर से जुड़ा व्यक्ति बताते हुए नंदी हॉल में बैठाकर भस्म आरती दर्शन कराने का भरोसा दिलाया। इसके बाद उसने अलग-अलग किश्तों में कुल 42 हजार रुपए ऑनलाइन ट्रांसफर करवा लिए। आरोप है कि पैसे लेने के बाद आरोपी लगातार बुकिंग होने का भरोसा देता रहा। 16 मई की शाम आरोपी का फोन आया और उसने कहा कि बुकिंग नहीं हो पाई है, वह पैसे वापस कर देगा। इसके बाद जब महिलाएं महाकाल मंदिर के आधिकारिक काउंटर पहुंचीं तो उन्हें पता चला कि इस तरह कोई बुकिंग प्रक्रिया नहीं होती और मंदिर में इस नाम का कोई पुजारी भी नहीं है। ठगी का एहसास होने पर दोनों महिलाओं ने महाकाल थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। महाकाल थाना प्रभारी गगन बादल ने बताया कि मामले में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी सागर जिले का रहने वाला है और उज्जैन में विभिन्न मंदिरों में पूजन-पाठ का कार्य करता है। पुलिस आरोपी की तलाश कर रही है और जल्द गिरफ्तारी की बात कही जा रही है। इससे पहले 13 मई को महाराष्ट्र के पुणे निवासी मानव गायकवाड़ ने भी महाकाल थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि वह अपने दोस्तों शार्दूल कांबले और तन्मय भालेकर के साथ बाबा महाकाल के दर्शन के लिए उज्जैन आए थे। यहां आशुतोष शर्मा नामक व्यक्ति ने नंदी हॉल में बैठाकर दर्शन कराने के नाम पर तीनों से 5 हजार रुपए ले लिए थे, लेकिन दर्शन नहीं कराए। बाद में उन्होंने मंदिर प्रशासन से शिकायत की थी। श्रद्धालुओं के लिए जरूरी जानकारी ये खबर भी पढ़ें महाकाल मंदिर में वसूली का कोडवर्ड ‘शूटर महाकाल मंदिर में श्रद्धालुओं से रुपए लेकर अवैध तरीके से दर्शन कराने के मामले में पुलिस अब तक 14 लोगों पर एफआईआर दर्ज कर चुकी है। मंदिर के 8 कर्मचारियों को निलंबित किया जा चुका है लेकिन अब भी अवैध वसूली नहीं रुकी है।पूरी खबर पढ़ें
अंतर्राष्ट्रीय संग्रहालय दिवस के अवसर पर बीएचयू परिसर स्थित भारत कला भवन में सोमवार को कला, इतिहास और संस्कृति से जुड़े विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर संग्रहालय परिसर में चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित की गई, जिसमें 16 से 25 वर्ष आयु वर्ग के 25 छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। प्रतिभागियों ने अपनी रचनात्मक कल्पनाओं को कैनवास पर उकेरकर कला के विविध रंग प्रस्तुत किए। वहीं, बीएचयू के कला संकाय एवं वेल बीइंग सर्विसेज सेल की ओर से चयनित विद्यार्थियों के लिए ‘क्यूरेटेड वॉक’ का आयोजन किया गया। संग्रहालय के सहायक संग्रहाध्यक्ष डॉ. दीपक भरथन अलाथुर के मार्गदर्शन में छात्रों को संग्रहालय की दुर्लभ कलाकृतियों और ऐतिहासिक धरोहरों की जानकारी दी गई। ‘बनारस गैलरी’ बनेगी नई पहचानकार्यक्रम के दौरान भारत कला भवन प्रशासन ने संग्रहालय में जल्द ही ‘बनारस गैलरी’ शुरू किए जाने की जानकारी भी दी। संग्रहालय के असिस्टेंट डायरेक्टर प्रो. निशांत ने बताया कि संग्रहालय की दूसरी मंजिल पर स्थित एक पुराने बंद हिस्से की मरम्मत के बाद उसे ‘बनारस गैलरी’ के रूप में विकसित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि बनारस स्वयं में एक जीवंत संग्रहालय है, जहां प्राचीनता और आधुनिकता साथ-साथ दिखाई देती है। नई गैलरी में प्राचीन काशी से लेकर आधुनिक बनारस तक की सांस्कृतिक यात्रा को प्रदर्शित किया जाएगा। राजघाट उत्खनन के पुरावशेष होंगे आकर्षणप्रस्तावित गैलरी में राजघाट उत्खनन से प्राप्त दुर्लभ पुरावशेषों को प्रमुखता से प्रदर्शित किया जाएगा। जानकारी के अनुसार राजघाट में पहला उत्खनन वर्ष 1940 में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण द्वारा किया गया था, जबकि 1960 से 1969 के बीच बीएचयू के प्राचीन भारतीय इतिहास एवं पुरातत्व विभाग ने व्यापक खुदाई कराई थी। खुदाई में मिले मिट्टी के बर्तन, प्राचीन मुहरें और अन्य अवशेषों से यह प्रमाणित हुआ कि यह क्षेत्र 8वीं शताब्दी ईसा पूर्व से 18वीं शताब्दी ईस्वी तक लगातार आबाद रहा। यहां प्राप्त गुप्तकालीन ब्राह्मी लिपि की एक मुहर, जिस पर ‘वाराणसी-अधिष्ठानाधिकरणस्य’ अंकित है, विशेष महत्व रखती है। अब जानिए कैसे तैयार हुआ भारत कला भवनमहामना की कर्मभूमि काशी हिंदू विश्वविद्यालय में इस संग्रहालय की स्थापना 1 जनवरी 1920 को भारत कला परिषद के रूप में हुई थी। इसके प्रथम आजीवन सभापति महान कवि रवींद्रनाथ टैगोर थे। वर्ष 1950 में यह बीएचयू का हिस्सा बन गया। इसमें हड़प्पा काल की वस्तुएं, प्राचीन मूर्तियां, दुर्लभ सिक्के, हस्तलिखित ग्रंथ, और 12वीं से 20वीं शताब्दी के बीच के भारतीय लघुचित्र शामिल हैं। यह संग्रहालय दो मंजिलों में बना है, जिसमें मुख्य रूप से भारतीय लघुचित्र, मूर्तिकला, प्रागैतिहासिक वस्तुएं, बीएचयू के संस्थापक की निजी वस्तुएं (मालवीय गैलरी), और वस्त्र-आभूषण की दीर्घाएँ शामिल हैं।
जोधपुर में भीषण गर्मी को देखते हुए होटल्स और रेस्टोरेंट्स ने अपने मेन्यू में बदलाव करना शुरू कर दिया है। ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए अब हेल्दी और शरीर को ठंडक पहुंचाने वाली डिशेज परोसी जा रही हैं। होटल संचालकों का कहना है कि लोग गर्मी में हल्का, पौष्टिक और ठंडक देने वाला भोजन ज्यादा पसंद कर रहे हैं, इसलिए मेन्यू में छाछ, फ्रूट बेस्ड डिशेज, सलाद और कूलिंग ड्रिंक्स जैसी चीजों को खास जगह दी जा रही है। कुकुंबर बोट सलाद, कोकम फिज, सत्तू का पानी परोस रहे जोधपुर के चंद्रा होटल के बसंत बूब ने बताया कि गर्मियों को देखते हुए कुकुंबर बोट सलाद, कोकम फिज, सत्तू का पानी आदि भी परोसा जा रहा है। जिसे ग्राहक काफी पसंद कर रहे हैं। बूब ने बताया कि कुकुम्बर बोट सलाद में खीरे को नाव का शेप देकर अंदर से खोखला किया जाता है और उसके अंदर पौष्टिक सब्जियों, फलों या पनीर की स्वादिष्ट फिलिंग की जाती है। यह वजन घटाने और गर्मियों के लिए एक बेहतरीन विकल्प माना जाता है। खास तौर पर वेलकम ड्रिंक तैयार वहीं कोकम फ्रिज के लिए सूखे कोकम को गर्म पानी में भिगोकर, चीनी और मसालों के साथ पकाकर सिरप तैयार किया जाता है, जिसे फ्रिज में स्टोर करके कभी भी ठंडा पानी या सोडा मिलाकर पिया जा सकता है। शेफ ने बताया कि गर्मी के मौसम के हिसाब से डिशेज बनाई जा रही है। लोगों के लिए वेलकम ड्रिंक खास तौर पर तैयार किया है। जिसमें सत्तू का पानी, कोकम का शरबत आदि हैं। जिनकी तासीर ठंडी होती है। इसके अलावा भी खाने की कई प्रमुख डिशेज परोसी जा रही है। गर्मी से बचाव के लिए बनाए जा रहे दही कबाब, दही के शोले जोधपुर के पाल रोड स्थित The BiG O रेस्टोरेंट में भी गर्मी से राहत के लिए कई प्रकार की डिशेज बनाई जा रही है। रेस्टोरेंट के अक्षय भाटी ने बताया की गर्मी से बचाव के लिए दही कबाब, दही के शोले बनाए जा रहे हैं। इसमें रातभर हेंग किए हुए दही के साथ मिलाकर बनाया जाता है, जिसमें वेजिटेबल, मसाले डालकर एक ब्रेड में रोल कर परोसा जाता है। इसके अलावा कई तरह के वेलकम ड्रिंक भी तैयार किए गए हैं, जिन्हें काफी पसंद किया जा रहा है। जिसमें कीवी, केरी पानी की सहायता से बनी ड्रिंक भी शामिल है। इसे ग्राहक काफी पसंद कर रहे हैं।
टीकमगढ़ में डंपर ने बाइक सवार को कुचला, मौत:बैक करते समय हादसा; युवक दुकान का सामान लेकर लौट रहा था
टीकमगढ़ में सोमवार दोपहर करीब 3 बजे शहर की ढोंगा मंडी स्थित बीडी कॉलोनी के पास एक डंपर ने बाइक सवार युवक को कुचल दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। मृतक की पहचान 32 साल के शाहरुख खान के रूप में हुई है। शाहरुख मूल रूप से दतिया के रहने वाले थे, लेकिन फिलहाल बीडी कॉलोनी में रहकर किराना दुकान चलाते थे। बताया जा रहा है कि हादसे के समय वे अपनी दुकान का सामान लेकर बाइक से घर लौट रहे थे, तभी काल बनकर आए डंपर ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। लापरवाही ने ली जान, भड़के लोग चश्मदीदों के मुताबिक, डंपर ड्राइवर बड़ी लापरवाही से वाहन को बैक कर रहा था। इसी दौरान शाहरुख डंपर के नीचे आ गए और उन्हें बचने का मौका तक नहीं मिला। हादसे के बाद गुस्साए लोगों की भीड़ ने मौके पर ही डंपर ड्राइवर की पिटाई कर दी। घटना की जानकारी मिलते ही कोतवाली थाना प्रभारी रवि भूषण पाठक पुलिस टीम के साथ पहुंचे और लोगों को समझाकर मामला शांत कराया। पुलिस की कार्रवाई पुलिस ने शाहरुख के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। हादसे में शामिल डंपर (MP 36 ZK 7799) और टूटी हुई बाइक को पुलिस ने जब्त कर लिया है। पुलिस ने डंपर ड्राइवर के खिलाफ मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
लातेहार जिले के महुआडांड़ थाना क्षेत्र के केनाटोली गांव में सोमवार को हुए सड़क हादसे में एक स्कूटी सवार युवक की मौत हो गई। मृतक की पहचान केनाटोली निवासी 35 वर्षीय कुंदन तिग्गा, पिता मिलकुस तिग्गा के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, कुंदन तिग्गा अपनी स्कूटी से महुआडांड़ की ओर जा रहे थे। तभी विपरीत दिशा से आ रही एक तेज रफ्तार बाइक ने उनकी स्कूटी को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि कुंदन तिग्गा सड़क पर गिर गए और उनके सिर में गंभीर चोटें आईं। बताया गया है कि हादसे के समय उन्होंने हेलमेट नहीं पहना था। हादसे के बाद स्थानीय ग्रामीणों और परिजनों की मदद से घायल कुंदन तिग्गा को तत्काल इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र महुआडांड़ ले जाया गया। वहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। ग्रामीणों ने बताया कि हादसे के बाद मोटरसाइकिल चालक मौके से फरार हो गया। घटना की सूचना मिलते ही महुआडांड़ पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए लातेहार भेज दिया है। महुआडांड़ थाना प्रभारी मनोज कुमार ने बताया कि पुलिस फरार बाइक सवार की पहचान और गिरफ्तारी के लिए जांच में जुटी हुई है।

