इलाहाबाद हाईकोर्ट ने प्रदेश में सांसदों, विधायकों के खिलाफ विशेष अदालतों में चल रहे आपराधिक केसों के ट्रायल की प्रभावी मानिटरिंग के लिए पारदर्शी तंत्र का उचित पोर्टल तैयार करने के हर कदम उठाने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने कहा है कि काफी समय बीत चुका है अब आगे और देरी न की जाय। हाईकोर्ट के अधिवक्ता सुधीर मेहरोत्रा ने इसके लिए समय मांगा, जिस पर कोर्ट ने अगली सुनवाई की तिथि 3 अप्रैल नियत की है। यह आदेश न्यायमूर्ति एस डी सिंह तथा न्यायमूर्ति विवेक सरन की खंडपीठ ने एम पी एम एल ए विशेष अदालतों को लेकर स्वय:कायम जनहित याचिका की सुनवाई करते हुए दिया है। किसी का केस लेने का मामला नहीं अपर महाधिवक्ता मनीष गोयल व कार्यकारी शासकीय अधिवक्ता पतंजलि मिश्र ने बताया कि अब किसी का केस वापस लेने का मामला नहीं है। अपर महाधिवक्ता राहुल अग्रवाल ने पुराने लंबित आपराधिक केस ट्रायल की रिपोर्ट पेश की।बताया कि रूप चौधरी केस की मूल पत्रावली पुनरीक्षण याचिका में पारित आदेश के तहत तलब कर ली गई है। तीन साल बीत चुके हैं। सुनवाई रूकी है। बृजेश सिंह केस में हाईकोर्ट से स्थगनादेश है। याचिका लंबित है। कपिल मुनि करवरिया केस में 31 दिसंबर 2002 से स्थगनादेश है। कोर्ट ने कहा प्रशासनिक स्तर पर हाईकोर्ट ने कहा है कि फोटो कापी रखकर केस की मूल पत्रावली ट्रायल कोर्ट को वापस कर दी जाय। कोर्ट ने हाईकोर्ट के अधिवक्ता से इन केसों के लिस्टिंग की जानकारी उपलब्ध कराने को भी कहा है।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने जिला न्यायालयों के न्यायिक अधिकारियों के खिलाफ फेसबुक पर आपत्तिजनक पोस्ट करने के मामले में सख्त रुख अपनाया है। न्यायमूर्ति सिद्धार्थ वर्मा एवं न्यायमूर्ति प्रशांत मिश्र की खंडपीठ ने अवमानना अर्जी पर सुनवाई करते हुए टिप्पणी करने के आरोपी दीपक सिंह और देवेंद्र सिंह को नोटिस जारी किया है। कोर्ट ने प्रथमदृष्टया पाया कि इन दोनों व्यक्तियों की सोशल मीडिया पर लिखी गई पोस्ट न केवल अदालतों को बदनाम करने वाली हैं, बल्कि उनसे न्यायपालिका की गरिमा को भी ठेस पहुंची है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि यदि ये आरोप सही पाए जाते हैं तो यह कृत्य न्यायालय अवमानना अधिनियम की धारा 12 के तहत दंडनीय है। दोनों आरोपी नैनी जेल में निरुद्ध हैं इसलिए कोर्ट ने जेल अधीक्षक के माध्यम से उन्हें नोटिस तामील कराने का निर्देश दिया है। साथ ही जवाब दाखिल करने के लिए गैर आवेदकों को दो सप्ताह का समय दिया है। कोर्ट ने यह भी कहा कि आरोपी अपना वकील करने में असमर्थ रहते हैं तो हाईकोर्ट विधिक सेवा समिति उन्हें अधिवक्ता मुहैया कराएगी। इसके अलावा पुलिस कमिश्नर प्रयागराज को साइबर सेल की मदद से उस मुख्य व्यक्ति का पता लगाने का निर्देश दिया है, जिसने इन आरोपियों को ऐसी अपमानजनक सामग्री पोस्ट करने के लिए उकसाया था। मामले में अगली सुनवाई दो अप्रैल को होगी।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सपा सांसद अफजाल अंसारी उनकी बेटी नुसरत अंसारी, मारिया अंसारी व नूरिया अंसारी और बीवी फरहत अंसारी की संपत्तियों को कुर्क करने के मामले में जवाब मांगा है। कोर्ट ने गैंगस्टर एक्ट की कार्यवाही में कुर्क संपत्ति को रिलीज करने की मांग में दाखिल याचिका पर राज्य सरकार से जवाब दाखिल करने को कहा है। कोर्ट ने जवाब के लिए तीन सप्ताह का समय देते हुए याचिका पर अगली सुनवाई के लिए 13 अप्रैल की तारीख लगाई है। अंसारी परिवार ने दाखिल की है याचिका यह आदेश न्यायमूर्ति सीडी सिंह एवं न्यायमूर्ति देवेंद्र सिंह की खंडपीठ ने अफजाल अंसारी, फरहत अंसारी, नुसरत अंसारी, मारिया अंसारी व नूरिया अंसारी की याचिका पर उनके अधिवक्ता उपेंद्र उपाध्याय एवं सरकारी वकील को सुनकर दिया है। एडवोकेट उपेंद्र उपाध्याय ने कोर्ट को बताया कि मोहम्मदाबाद तहसील के शकूरपुर मौजा स्थित आराजी संख्या 402, 403, 407 व 408 को गैंगस्टर एक्ट में कुर्क किया गया था। शर्तों के साथ रिलीज का आदेश हुआ था याचियों की अर्जी पर सुनवाई के बाद गाजीपुर के विशेष न्यायाधीश एमपी एमएलए ने कुर्कशुदा संपत्ति कतिपय शर्तों पर रिलीज करने का आदेश दिया। उपेंद्र उपाध्याय ने कहा कि विशेष अदालत के आदेश के बाद कुर्क संपत्ति रिलीज करने के लिए डीएम को प्रार्थना पत्र दिया गया लेकिन जिलाधिकारी गाजीपुर ने गत 12 जनवरी के प्रार्थना पत्र पर अब तक कोई आदेश नहीं किया है। सरकारी वकील ने कोर्ट को बताया कि इसी आदेश के खिलाफ आपराधिक अपील लंबित है, जिसकी सुनवाई के लिए 10 अप्रैल की तारीख लगी गई है। साथ ही उन्होंने याचिका पर जवाब दाखिल करने के लिए समय मांगा। कोर्ट ने इसे स्वीकार करते हुए सुनवाई के लिए 13 अप्रैल की तारीख लगा दी।
आगरा में विदेशी पर्यटकों की गाड़ी से हादसा:चालक को आई झपकी, बाइक सवार होमगार्ड की मौत, दो घायल
आगरा के थाना रकाबगंज क्षेत्र में माल रोड पर मंगलवार रात को इनोवा कार से फ्रांस के पर्यटकों को लेकर जा रहे चालक को झपकी आने से हादसा हो गया। तेज रफ्तार कार ने बाइक और स्कूटी में टक्कर मार दी। हादसे में बाइक पर लिफ्ट लेकर शमसाबाद जा रहे होमगार्ड वीरेंद्र सिंह (48) की मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर घायल हो गए। घटना के बाद पहुंची पुलिस ने दूसरी गाड़ी से पर्यटकों को भेजा। चालक को हिरासत में ले लिया। मामले में मृतक के बेटे की तहरीर पर प्राथमिकी दर्ज की गई। मूलरूप से शाहपुर टूला, शमसाबाद निवासी वीरेंद्र सिंह वर्तमान में छीतापुर, थाना राजाखेड़ा, धौलपुर में रह रहे थे। उनकी डयूटी लोक निर्माण विभाग के संजय प्लेस स्थित कार्यालय में थी। बेटे विष्णु के मुताबिक, शाम तकरीबन चार बजे डयूटी खत्म करने के बाद घर के लिए निकले थे। उन्होंने रास्ते में ताजनगरी फेज 2 निवासी कामरान से बाइक पर लिफ्ट ली थी। वह माल रोड स्थित सुभाष चंद्र बोस प्रतिमा चौराहे पर आए। तभी पीछे से आई तेज रफ्तार इनोवा कार की बाइक में टक्कर लगी। इससे दोनों उछलकर दूर जा गिरे। वहीं कार की चपेट में एक स्कूटी सवार भी आ गया। वह भी गंभीर घायल हो गया। हादसे के बाद भीड़ जुट गई। हादसा करने वाली कार को रोक लिया गया। उसमें विदेशी पर्यटक सवार थे। सूचना पर थाना रकाबगंज की फोर्स पहुंच गई। पुलिस ने घायलों को अस्पताल भेजा। चालक को हिरासत में ले लिया। पर्यटकों को दूसरे वाहन से गंतव्य के लिए भेज दिया। हादसे में घायल वीरेंद्र सिंह की मौत हो गई। वहीं कामरान और स्कूटी सवार लोहागढ़, लकावली, तोरा चाकी निवासी कृष्णपाल का उपचार चल रहा है। मृतक के परिजन आ गए। उनमें कोहराम मच गया। बेटे विष्णु ने थाना रकाबगंज में चालक के खिलाफ तहरीर दी। इस पर प्राथमिकी दर्ज की गई। एसीपी इमरान अहमद ने बताया कि आरोपी चालक नई दिल्ली निवासी ओमप्रकाश है। वह फ्रांस के पर्यटकों को जयपुर से लेकर आया था। पूछताछ में बताया कि माल रोड पर अचानक नींद की झपकी लगी। जब तक वो कुछ कर पाता, तब तक हादसा हो गया।
गोरखपुर के चिलुआताल इलाके के बरगदवा में प्रॉपर्टी डीलर भाजपा नेता राजकुमार चौहान की हत्या का मंगलवार की देर रात डीएम दीपक मीणा व एसएसपी डॉ कौस्तुभ ने खुलासा करते हुए दावा किया है कि दो डंपर चालकों ने हत्या की है। आरोपियों ने घटना को कबूल करते हुए बताया है कि मृतक के भतीजे ने मारपीट की थी, इसका बदला लेने के लिए प्रॉपर्टी डीलर की हत्या की गई है। उन्होंने यह भी बताया कि चाचा के बल पर भतीजा कूदता था। चाचा हमेशा उसका समर्थन करता था, इस वजह से गुस्सा चाचा पर निकाला और मौत के घाट उतार दिया। हालांकि, घटना में इस्तेमाल असलहा पुलिस अभी बरामद नहीं कर पाई है। घटनास्थल से थोड़ी दूर पर लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज से दोनों आरोपियों की पहचान की गई है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान बरगदवा निवासी राज चौहान उर्फ निरहूआ व विपिन यादव के रूप में हुई। चार महीने से चल रही थी रंजिशएसएसपी डॉ. कौस्तुभ ने बताया कि राजकुमार चौहान के भतीजे नितेश से आरोपी राज चौहान उर्फ निरहुआ की पिछले चार महीने से रंजिश चल रही थी। इसी बीच दो महीने पहले मृतक के भतीजे ने राज चौहान को पीट दिया था। भतीजे का बचाव राजकुमार ने किया था। इसी खुन्नस में मंगलवार की सुबह बरगदवा स्थित घटनास्थल के पास दोनों आरोपी पेड़ के पीछे छिप गए थे। राजकुमार को अकेला आता देख एक आरोपी ने फायर कर दिया। इसके बाद दोनों ने मिलकर चाकुओं से राजकुमार को गोद दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। सूचना पर पुलिस व परिजनों ने घायल को अस्पताल पहुंचाया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस ने परिजनों की तहरीर पर आठ नामजद आरोपियों पर केस दर्ज कर सात को हिरासत में ले लिया। जांच के क्रम में 08 सीसी टीवी कैमरों को देखा गया, जिसमें दो संदिग्ध नजर आए। इसके बाद सर्विलांस व दूसरे स्रोतों की पुष्टि के बाद आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई तो उन लोगों ने घटना कारित करना स्वीकार कर लिया। आठ नामजद आरोपियों की भूमिका की जांच होगीघटना के बाद राजकुमार की पत्नी सुशीला देवी की तहरीर पर नामजद आरोपियों में वार्ड नंबर 14 डॉ. राजेंद्र प्रसाद नगर के पार्षद धर्मदेव चौहान, दीपक गौड़, लालजी यादव उर्फ गट्टू, धर्मपाल चौहान, अमर सिंह चौधरी, मोनू पांडेय, सत्येंद्र चौधरी उर्फ टिल्लू, अभय पांडेय व तीन अन्य शामिल हैं। पुलिस नामजद आरोपियों के भूमिका की भी जांच कर रही है। हालांकि, सीडीआर व सीसी टीवी कैमरों की जांच में नामजद आरोपियों की भूमिका सामने नहीं आए है। पुलिस की विवेचना जारी है।इन वजहों से उठ रहा सवाल देर रात हुआ अंतिम संस्कारराजकुमार चौहान का शव पोस्टमार्टम के बाद शाम करीब 5 बजे घर पर पहुंचा। इसके बाद परिजन अपनी मांग को लेकर अड़ गए। राज्यसभा सदस्य डॉ. राधा मोहन अग्रवाल और कैबिनेट मंत्री दारा सिंह चौहान के समझाने पर परिवार के लोग माने। देर रात मोहरीपुर के पास घाट पर दाह संस्कार किया गया। इस दौरान 1500 से अधिक लोग वहां मौजूद रहे। अब पढिए पूरा मामला गोरखपुर में मॉर्निंग वॉक पर निकले भाजपा नेता की हत्या कर दी गई। 4 बदमाशों ने घर से 500 मीटर दूर उन्हें घेर लिया। सिर, सीने और चेहरे पर 20 से 25 बार चाकू मारे। घायल होने के बाद भी भाजपा नेता करीब 100 मीटर तक भागे, लेकिन हमलावरों ने पीछा कर फिर हमला कर दिया। हमलावर कुछ देर तक वहीं रुके रहे और उनके मरने का इंतजार करते रहे। तसल्ली होने के बाद वहां से भाग गए। घटना चिलुआताल थाना क्षेत्र में मंगलवार सुबह साढ़े 5 बजे हुई। यहां से गोरखनाथ मंदिर की दूरी करीब 5 किमी है। भाजपा नेता राजकुमार चौहान (42) की मौत की सूचना पर पहुंचीं उनकी पत्नी सुशीला रोते-रोते बेहोश हो गईं। राजकुमार की बहन मोहनी ने कहा- जान के बदले जान चाहिए। परिवार कौन चलाएगा? भतीजी को सरकारी नौकरी मिलनी चाहिए। उधर, वारदात के बाद 500 से ज्यादा लोग जुट गए और गोरखपुर-सोनौली रोड जाम कर हंगामा किया। सूचना पर 10 थानों की फोर्स पहुंची और लोगों को लाठी फटकार कर हटाया। पुलिस ने बताया कि 7 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पत्नी की शिकायत पर 10 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है। बताया जा रहा है कि ओबीसी समुदाय से आने वाले राजकुमार 2027 में बस्ती से विधानसभा चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे थे। वह भाजपा से टिकट मांग कर रहे थे। उन्हें राज्यसभा सांसद राधामोहन अग्रवाल का करीबी माना जाता था। पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी है।
बॉम्बे हाइकोर्ट ने मंगलवार को महाराष्ट्र के गृह विभाग और शहर की पुलिस से एक याचिका पर जवाब मांगा। इस याचिका में महात्मा गांधी के बारे में कथित तौर पर अपमानजनक बयान देने के आरोप में एक पत्रकार और एक अन्य व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है। स्थानीय कांग्रेस पदाधिकारी और याचिकाकर्ता अश्विन बैस ने आरोप लगाया कि 'सकल हिंदू समाज सम्मेलन' द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेंद्र कुलश्रेष्ठ ने बेहद आपत्तिजनक बयान दिए और कहा कि गांधी को 'राष्ट्रपिता' नहीं कहा जा सकता। वकील आकाश मून के माध्यम से दायर इस याचिका में हाई कोर्ट से शहर की सीताबर्डी पुलिस को निर्देश देने की मांग की गई है कि वह कुलश्रेष्ठ और 15 फरवरी के कार्यक्रम के आयोजक निशांत गांधी के खिलाफ उनकी शिकायत पर कार्रवाई करे। आज की अन्य बड़ी खबरें… एयर इंडिया शैनन में फंसे यात्रियों को लाने के लिए स्पेशल फ्लाइट चलाएगा एयर इंडिया बुधवार को शैनन के लिए एक स्पेशल फ़्लाइट चलाने की योजना बना रही है, ताकि उन फंसे हुए यात्रियों को दिल्ली लाया जा सके जिनकी फ़्लाइट विमान में तकनीकी खराबी के कारण इस आयरिश शहर की ओर मोड़ दी गई थी। सोमवार को, एयरलाइन का A350 विमान, जो न्यूयॉर्क से दिल्ली जा रहा था, तकनीकी खराबी के कारण शैनन की ओर मोड़ दिया गया। बाद में, विमान को इस आयरिश शहर में ही रोक दिया गया। मंगलवार को एक अधिकारी ने बताया कि एयरलाइन बुधवार को एक स्पेशल फ़्लाइट चलाने की योजना बना रही है - जिसकी सबसे ज्यादा संभावना ज़्यूरिख से होने की है - ताकि शैनन में फंसे यात्रियों को दिल्ली तक पहुंचाया जा सके।
नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) ने 6 यूक्रेनियों और एक अमेरिकी नागरिक को गिरफ्तार किया। इन पर म्यांमार के जातीय युद्ध समूहों को हथियार और आतंकवादी साजो-सामान की आपूर्ति करके तथा उन्हें प्रशिक्षण देकर उनका समर्थन कर रहे थे। साथ ही भारत में उग्रवाद का भी समर्थन कर रहे थे। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मैथ्यू एरॉन वैन डाइक (अमेरिकी नागरिक), हुर्बा पेट्रो (यूक्रेनी नागरिक), स्लीव्याक तारास (यूक्रेनी नागरिक), इवान सुकमानोव्स्की (यूक्रेनी नागरिक), स्टेफानकिव मारियन (यूक्रेनी नागरिक), होनचारुक मैक्सिम (यूक्रेनी नागरिक) और कामिंस्की विक्टर (यूक्रेनी नागरिक) के रूप में हुई है। NIA ने 13 मार्च को दिल्ली से तीन यूक्रेनियों, लखनऊ से तीन और कोलकाता से एक अमेरिकी नागरिक को धारा 18 (आतंकवादी षड्यंत्र) और BNS के तहत दर्ज एक मामले में गिरफ्तार किया था। वहीं, यूक्रेन ने मंगलवार को भारत को एक आधिकारिक विरोध नोट सौंपा, जिसमें गिरफ्तार किए गए यूक्रेनी नागरिकों की तत्काल रिहाई की मांग की गई है। आरोपियों को ले जाने की 5 तस्वीरें… कोर्ट ने 11 दिन की रिमांड पर भेजा NIA के विशेष न्यायाधीश प्रशांत शर्मा ने सोमवार को सभी सातों आरोपियों को 11 दिन की NIA हिरासत में भेज दिया। NIA ने 15 दिन की हिरासत मांगी थी। रिमांड मांगते समय, NIA ने आरोप लगाया कि आरोपी AK-47 राइफलें रखने वाले अज्ञात आतंकवादियों के सीधे संपर्क में थे और उनकी आतंकवादी/अवैध गतिविधियों में मदद कर रहे थे। NIA ने कहा कि जातीय सशस्त्र समूहों से जुड़े ये आरोपी, कुछ प्रतिबंधित भारतीय उग्रवादी समूहों को हथियार और आतंकवादी साजो-सामान की आपूर्ति करके तथा उन्हें प्रशिक्षण देकर उनका समर्थन कर रहे हैं। यूक्रेन ने विरोध दर्ज कराया यूक्रेन के विदेश मंत्रालय ने बताया कि भारत में देश के राजदूत डॉ. ओलेक्जेंडर पोलिशचुक ने भारत के विदेश मंत्रालय के सचिव (पश्चिम) सिबी जॉर्ज के साथ एक बैठक की। इस बैठक के दौरान उन्होंने एक आधिकारिक विरोध नोट सौंपा, जिसमें यूक्रेनी नागरिकों की तत्काल रिहाई और उनसे मिलने की अनुमति देने की मांग की गई थी। इसमें आगे कहा गया कि दूतावास हिरासत से जुड़े सभी हालात और कारणों को स्पष्ट करने के लिए भारत के अन्य संबंधित अधिकारियों के साथ संपर्क बनाए हुए है। अमेरिकी दूतावास के एक प्रवक्ता ने कहा कि उन्हें इस स्थिति की जानकारी है। यूक्रेन के विदेश मंत्रालय ने ये भी कहा…
उत्तर प्रदेश में दरोगा भर्ती परीक्षा के एक प्रश्न को लेकर शुरू हुआ विवाद अब सियासी रंग ले चुका है। मंगलवार को ‘अवसरवादी’ शब्द के विकल्प में ‘पंडित’ दिए जाने पर ब्राह्मण समाज की भावनाएं आहत होने का आरोप लगाया गया, जिसके बाद समाजवादी पार्टी ने इसे मुद्दा बनाते हुए लखनऊ स्थित अपने प्रदेश कार्यालय पर पोस्टर लगवाए। इस पूरे मामले ने परीक्षा से आगे बढ़कर राजनीतिक बहस को जन्म दे दिया है। प्रश्न पत्र से शुरू हुआ विवाद, अब बना सियासी मुद्दाउप निरीक्षक नागरिक पुलिस भर्ती परीक्षा की पहली पाली में पूछे गए एक प्रश्न में ‘अवसरवादी’ के विकल्प के रूप में ‘पंडित’ शब्द दिए जाने के बाद विवाद खड़ा हो गया। अभ्यर्थियों और विभिन्न संगठनों ने इसे आपत्तिजनक बताते हुए सवाल उठाए।मामला सामने आने के बाद उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड ने सफाई दी और जांच के आदेश भी जारी कर दिए। लेकिन इस बीच राजनीतिक दलों ने इस मुद्दे को लेकर अपनी-अपनी प्रतिक्रियाएं देनी शुरू कर दीं। सपा कार्यालय पर लगे पोस्टर, दिया सियासी संदेशलखनऊ में समाजवादी पार्टी के प्रदेश कार्यालय के बाहर “हाँ मैं हूँ अवसरवादी” लिखे पोस्टर लगाए गए, जिसने इस विवाद को और हवा दे दी। ये पोस्टर सपा नेता सिद्धार्थ मिश्रा की ओर से लगाए गए बताए जा रहे हैं।पोस्टरों के जरिए सीधे तौर पर सरकार और परीक्षा प्रणाली पर सवाल खड़े किए गए हैं। साथ ही यह संदेश देने की कोशिश की गई है कि ब्राह्मण समाज को ‘अवसरवाद’ जैसे नकारात्मक शब्द से जोड़ना गलत है। ब्राह्मण विरोध का आरोप, सरकार पर निशानासपा नेताओं ने इस पूरे मामले को ब्राह्मण विरोध से जोड़ते हुए सरकार पर हमला बोला है। उनका कहना है कि यह सिर्फ एक प्रश्न की गलती नहीं, बल्कि एक सोच को दर्शाता है।पोस्टरों में लिखा गया कि “योगी आदित्यनाथ के राज में ‘ब्राह्मण’ विरोध अपने आप में एक पोस्टर बन चुका है”, जो सीधे तौर पर सरकार की नीतियों पर सवाल उठाता है।इस बयानबाजी से साफ है कि विपक्ष इस मुद्दे को सामाजिक और राजनीतिक दोनों स्तरों पर उठाने की रणनीति में है। भर्ती बोर्ड ने दी सफाई, जांच जारीविवाद बढ़ने के बाद भर्ती बोर्ड की ओर से कहा गया कि प्रश्न पत्र का निर्माण अत्यंत गोपनीय प्रक्रिया के तहत बाहरी एजेंसियों से कराया जाता है और बोर्ड स्तर पर इसका पूर्व अवलोकन नहीं किया जाता।साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया कि संबंधित प्रश्न को लेकर जांच के आदेश दे दिए गए हैं और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।बोर्ड ने इस मामले की जानकारी मुख्यमंत्री, मुख्य सचिव और गृह विभाग को भी भेज दी है। राजनीति के साथ सामाजिक बहस भी तेजयह विवाद अब केवल एक परीक्षा के प्रश्न तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि सामाजिक संवेदनाओं और राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का केंद्र बन गया है।जहां एक ओर ब्राह्मण समाज से जुड़े लोग इसे अपमानजनक बता रहे हैं, वहीं विपक्ष इसे सरकार के खिलाफ एक बड़े मुद्दे के रूप में पेश कर रहा है।
ला मार्टिनियर भूमि विवाद में अंतरिम रोक नहीं बढ़ी:हाईकोर्ट ने 10 मार्च को निर्माण पर लगाई थी रोक
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने ला मार्टिनियर कॉलेज की जमीनों पर सड़क/फ्लाईओवर निर्माण मामले में पूर्व में दिए गए अंतरिम आदेश को आगे बढ़ाने से इनकार कर दिया है। न्यायालय ने 10 मार्च को हुई सुनवाई के बाद इन जमीनों पर हो रहे निर्माण पर अंतरिम रोक लगाई थी। लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) की ओर से उपस्थित अधिवक्ता ने न्यायालय को बताया था कि स्कूल ट्रस्टीज की अनुमति के बिना कोई निर्माण नहीं किया जाएगा। 16 मार्च को हुई सुनवाई के दौरान न्यायालय ने एलडीए के एक पत्र का संज्ञान लिया, जिसमें कहा गया था कि नौ पिलर्स का निर्माण प्रगति पर है और आगे का निर्माण ट्रस्टीज की अनुमति से ही किया जाएगा। इसी आधार पर न्यायालय ने अंतरिम रोक बढ़ाने से इनकार कर दिया। न्यायालय ने मामले के पक्षकारों को अगली सुनवाई पर अपनी-अपनी लिखित बहस और शपथपत्र दाखिल करने के लिए समय दिया है। मामले की अगली सुनवाई 25 मार्च को निर्धारित की गई है। यह आदेश न्यायमूर्ति राजेश सिंह चौहान और न्यायमूर्ति इंद्रजीत शुक्ला की खंडपीठ ने ला मार्टिनियर कॉलेज की ओर से दायर याचिका पर पारित किया। याचिकाकर्ता ने न्यायालय को बताया कि जिस भूमि पर निर्माण कार्य किया जा रहा है, वह लखनऊ मार्टिन चैरिटीज ट्रस्ट की संपत्ति है। याचिका में कहा गया कि ट्रस्ट के ट्रस्टी भी इस भूमि का हस्तांतरण करने के लिए सक्षम नहीं हैं और बिना अधिग्रहण के किया जा रहा निर्माण पूरी तरह से अवैध है। सुनवाई के दौरान राज्य सरकार और एलडीए की ओर से बताया गया कि ट्रस्ट की पिछली बैठक 11 मार्च को प्रिंसिपल द्वारा टाल दिए जाने के कारण नहीं हो सकी थी। उन्होंने यह भी बताया कि अगली बैठक 18 मार्च को होनी है। इस पर न्यायालय ने 18 मार्च 2026 को प्रस्तावित ट्रस्ट बैठक के परिणाम को रिकॉर्ड पर लाने का भी निर्देश दिया है।
राजधानी लखनऊ में मासिक शिवरात्रि के अवसर पर भव्य पंचवेदी रुद्राभिषेक का आयोजन किया गया। यह आयोजन मंगलवार को नहर रोड, जानकीपुरम विस्तार स्थित महानंदा रिसॉर्ट में श्री शिव पार्वती बर्फानी सेवा संस्थान द्वारा किया गया। इसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। मुख्याचार्य पुनीत दुबे, आचार्य निर्मल कुमार झा और पवन चतुर्वेदी ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ विधि-विधान से रुद्राभिषेक संपन्न कराया। इस दौरान मंत्रों की गूंज और श्रद्धालुओं के हर-हर महादेव के जयकारों से पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। भक्तों ने फूलों की होली खेली कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण कलाकारों द्वारा प्रस्तुत झांकियां रहीं। इनमें शंकर-पार्वती, राधा-कृष्ण और हनुमानजी की झांकियां शामिल थीं, जिन्होंने सभी का ध्यान आकर्षित किया। भक्तों ने फूलों की होली खेलकर भी उत्सव का आनंद लिया।इस अवसर पर संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष अरुणेंद्र मौर्या और अन्य पदाधिकारियों ने समाजसेवा तथा संगठन के कार्यों में सहयोग करने वाले लगभग 300 गणमान्य नागरिकों को सम्मानित किया। ये लोग शामिल हुए कार्यक्रम में पार्षद निशा तिवारी, पार्षद प्रतिनिधि मनोज तिवारी, सौरभ तिवारी, पूर्व पार्षद मुकेश शुक्ला सहित कई जनप्रतिनिधि और समाजसेवी उपस्थित रहे। संस्था के अध्यक्ष अरुणेंद्र कुमार मौर्य, महासचिव मनोज मिश्रा और कोषाध्यक्ष अवधेश अग्रवाल समेत बड़ी संख्या में पदाधिकारी और श्रद्धालु भी इस आयोजन का हिस्सा बने।
लखनऊ में फिक्की फ्लो लखनऊ चैप्टर ने होटल रेनेसां में एक यादगार शाम का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में सदस्यों को आंतरिक पुरस्कारों से सम्मानित किया गया और जानी-मानी मेंटलिस्ट सुहानी शाह ने 'हैकिंग द ह्यूमन ब्रेन' विषय पर एक रोमांचक सत्र प्रस्तुत किया। शाम की शुरुआत आंतरिक पुरस्कार वितरण से हुई, जिसमें चैप्टर के सदस्यों की उपलब्धियों को सराहा गया। बेस्ट हेल्थ कमिटी का अवॉर्ड अंबिका गुप्ता, प्रीति झुनझुनवाला और डॉ. अर्पिता आनंद को प्रदान किया गया। निवेदिता सिंह को बेस्ट सोशल इम्पैक्ट अवॉर्ड मिला, जबकि ग्रामीण सशक्तिकरण के लिए श्रुति शांडिल्य को सम्मानित किया गया। लीडरशिप अवॉर्ड स्मृति गर्ग को दिया गया फ्लो फ्लैगशिप इवेंट अवॉर्ड आरुषि टंडन, शमा गुप्ता और मिताली ओसवाल को मिला। एक्सपीरिएंशियल लीडरशिप अवॉर्ड स्मृति गर्ग को दिया गया। बेस्ट इवेंट चेयर अवॉर्ड अदिति जग्गी रस्तोगी और रिया पंजाबी ने जीता। एमएसएमई श्रेणी में आनंदी अग्रवाल और स्निग्धा लाठ अग्रवाल को, तथा स्टार्टअप सेल के लिए ज्योति दीवान और प्रियंका टंडन को सम्मानित किया गया। ये सभी पुरस्कार मुख्य अतिथि पूजा गर्ग ने प्रदान किए। इस अवसर पर पूर्व चेयरपर्सन ज्योत्सना हबीबुल्ला, आरुषि टंडन, स्वाति वर्मा और विभा अग्रवाल को उनके विशेष योगदान के लिए सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के दूसरे चरण में जानी-मानी मेंटलिस्ट और लेखिका सुहानी शाह ने 'हैकिंग द ह्यूमन ब्रेन' विषय पर एक रोचक सत्र प्रस्तुत किया। 200 सदस्यों की मौजूदगी में उन्होंने दर्शकों का मन पढ़ा सुहानी शाह ने अपने अनोखे माइंड रीडिंग कौशल और मनोविज्ञान के मेल से दर्शकों को हैरान कर दिया। करीब 200 सदस्यों की मौजूदगी में उन्होंने दर्शकों से मन ही मन सवाल सोचने को कहा और पहले से लिखे जवाबों को सटीक साबित कर सभी को चौंका दिया। उनका यह प्रदर्शन कार्यक्रम का सबसे बड़ा आकर्षण रहा।कार्यक्रम का समापन एक जादुई और यादगार माहौल में हुआ।
'कर्णभारम्' नाटक ने दर्शकों को भाव-विभोर किया:गोमती नगर में महाभारत के नायक कर्ण की गाथा का मंचन
गोमती नगर स्थित अंतरराष्ट्रीय बौद्ध शोध संस्थान के प्रेक्षागृह में बुधवार शाम महाभारत के सबसे जटिल और त्रासदीपूर्ण नायक कर्ण की गाथा ने दर्शकों को भाव-विभोर कर दिया। उत्तर प्रदेश संस्कृत संस्थान और अवासखर सांस्कृतिक एवं सामाजिक संस्था के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित 15 दिवसीय नाट्य कार्यशाला के समापन पर महाकवि भास के संस्कृत नाटक ‘कर्णभारम्’ का प्रभावशाली मंचन किया गया। नाटक की शुरुआत महाभारत युद्ध के सोलहवें दिन से होती है। द्रोणाचार्य की मृत्यु के बाद कर्ण कौरव सेना का सेनापति बनता है। जब कर्ण अपने सारथी शल्य के साथ रणभूमि की ओर बढ़ता है, तो उसके चेहरे पर वीरता से ज्यादा मानसिक द्वंद्व और पीड़ा साफ नजर आती है। संवादों के माध्यम से वह अपने जीवन के संघर्ष, अपमान और दुविधाओं को साझा करता है। फ्लैशबैक दृश्यों ने बांधे रखा ध्यान नाटक के फ्लैशबैक दृश्यों ने दर्शकों को अंत तक जोड़े रखा। परशुराम द्वारा कर्ण को दिया गया श्राप, कुंती का मोह और कृष्ण द्वारा कर्ण को पांडव पक्ष में लाने का प्रयास—इन सभी दृश्यों ने कर्ण के अडिग चरित्र और उसके भीतर के द्वंद्व को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया। दानवीर कर्ण का भावुक चरम सबसे मार्मिक दृश्य तब आया जब इंद्र ब्राह्मण वेश में आकर कर्ण से उसका कवच और कुंडल मांगते हैं। अपनी मृत्यु निश्चित जानते हुए भी कर्ण मुस्कुराते हुए सब कुछ दान कर देता है। अंतिम दृश्य में जब रथ का पहिया धंसने पर निहत्थे कर्ण पर अर्जुन बाण चलाता है, तो पूरा प्रेक्षागृह सन्नाटे में डूब गया। मृत्यु के क्षण में भी कर्ण का सोने का दांत दान करना उसकी महानता को दर्शाता है। कलाकारों ने डाली जान मंचन में मनोज तिवारी ने कर्ण की भूमिका में प्रभावशाली अभिनय किया। शल्य के रूप में सुरेश श्रीवास्तव, परशुराम के रूप में उन्नत बहादुर सिंह, कुंती की भूमिका में संतोषी और कृष्ण के रूप में केशव ने भी अपने किरदारों को जीवंत किया। निर्देशन संतोष कुमार प्रजापति का रहा, जबकि संगीत और प्रकाश संयोजन ने पूरे माहौल को और अधिक सजीव बना दिया।
लोक सेवा पदोन्नति नियम 2025 लागू करने के बाद हाईकोर्ट में चल रही सुनवाई के बीच सामान्य प्रशासन विभाग ने कर्मचारियों, अधिकारियों की सीआर (गोपनीय चरित्रावली) लिखने की समय सीमा तय कर दी है। विभाग ने पदोन्नति से संबंधित प्रक्रिया शुरू होने के पहले प्रतिवेदक अधिकारी (रिपोर्टिंग ऑफिसर) और समीक्षक अधिकारी (रिव्यू ऑफिसर) के लिए टाइम लिमिट तय कर दी है। यह निर्देश इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि पदोन्नति नियमों के विरोध में हाईकोर्ट में दायर याचिका पर सुनवाई पूरी हो चुकी है और जल्दी ही इसको लेकर कोर्ट का फैसला आने वाला है। इस मामले में समय सीमा का पालन न करने वाले अफसरों पर अनुशासनात्मक कार्यवाही की चेतावनी भी दी गई है। सामान्य प्रशासन विभाग ने सभी अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव, सचिव और विभागाध्यक्षों, संभागीय आयुक्त और कलेक्टरों को दिए निर्देश में कहा है कि कर्मचारियों की गोपनीय चरित्रावली (सीआर) लिखने की अंतिम तिथि 31 दिसंबर रहेगी और इसी स्थिति में सभी एसीआर फाइनल मानी जाएगी। सेल्फ असेसमेंट अवधि में वृद्धि होने से उतने ही दिनों में सभी स्तरों पर टाइम लिमिट बढ़ाई जाएगी तो भी 31 दिसंबर अंतिम तिथि ही होगी। निर्देशों में कहा गया है कि स्व मूल्यांकन के लिए अंतिम तिथि 30 जून एवं सभी स्तर पर संबंधित अधिकारी के अभिमत दर्ज किए जाने के लिए अंतिम तिथि 30 नवंबर रहेगी। दो माह में अभिमत दर्ज करेंगे रिपोर्टिंग अधिकारी सीआर लिखने के लिए रिपोर्टिंग अधिकारी एवं स्वीकारकर्ता अधिकारी के लिए दो माह तथा समीक्षक अधिकारी के लिए एक माह की समय सीमा होगी। इसमें यह भी साफ किया गया है कि 31 दिसंबर के बाद दर्ज होने वाले प्रतिवेदन को समय बाधित माना जाएगा। अगर संबंधित अधिकारी कर्मचारी ने अपना स्व मूल्यांकन तय समय 30 जून तक प्रस्तुत नहीं किया है तो उसे भी समय बाधित माना जाएगा और इसकी सील प्रतिवेदन पर लगायी जाएगी। प्रतिवेदक अधिकारी भी अपना प्रतिवेदन बिना स्व मूल्यांकन कर लिखेंगे। यदि संबंधित अधिकारी अपना स्व मूल्यांकन कर दिया है परंतु उस पर किसी भी स्तर पर अभिमत 31 दिसंबर तक नहीं हो पाता है तो कोई भी टिप्पणी अभिलिखित नहीं की जा सकेगी और ऐसी स्थिति इन सभी स्तरों पर मूल्यांकन को समय बाधित माना जाएगा। सीआर से संतुष्ट नहीं तो एक माह में दे सकेंगे अभ्यावेदन ऐसे मामलों में संबंधित पदोन्नति समिति द्वारा अधिकारी कर्मचारी की सभी अभिलेख और संबंधित वर्ष की स्व मूल्यांकन के आधार पर मूल्यांकन किया जाएगा। सामान्य प्रशासन विभाग ने यह भी कहा है कि अगर संबंधित अधिकारी कर्मचारी अपनी सीआर से संतुष्ट नहीं है तो वह एक माह के भीतर अपना अभ्यावेदन प्रस्तुत कर सकेगा। अभ्यावेदन न प्रस्तुत करने की स्थिति में वार्षिक चरित्रावली अंतिम मान ली जाएगी। अगर गोपनीय प्रतिवेदन नहीं लिखने वाले प्रतिवेदक, समीक्षक, स्वीकारकर्ता अधिकारियों से विलंब के लिए उत्तरदायित्व निर्धारण किया जाकर संबंधित दोषी अधिकारी के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी और उसके बाद अपने प्रतिवेदन में इसका उल्लेख किया जाएगा। ऐसा रहेगा रिपोर्टिंग टाइम
लखनऊ में होली मिलन समारोह:गोमती नगर के विराम खंड-2 में दिखा रंग और सौहार्द का मेल
लखनऊ के गोमती नगर स्थित विराम खंड-2 में होली मिलन समारोह का आयोजन किया गया। गोमती नगर जन कल्याण महासमिति और विराम खंड-2 जनकल्याण समिति के सहयोग में अटल क्रीड़ा स्थल (मिनी स्टेडियम) में आयोजित इस कार्यक्रम में रंग, संस्कृति और सौहार्द का अनोखा मेल देखने को मिला। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रदेश के पर्यटन एवं सांस्कृतिक मंत्री जयवीर सिंह रहे, जबकि क्षेत्रीय विधायक गोपी श्रीवास्तव विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहे। दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम की शुरुआत हुई। इसके बाद सांस्कृतिक दल के गायक आर.पी. चौहान और टीम ने गणेश वंदना और होली गीतों से माहौल को रंगीन बना दिया। सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की अपील की मुख्य अतिथि का स्वागत महासमिति अध्यक्ष डॉ. बी.एन. सिंह ने अंगवस्त्र, स्मृति चिन्ह और पुष्प गुच्छ देकर किया, वहीं विधायक का स्वागत महासचिव डॉ. राघवेंद्र शुक्ला ने किया। अपने संबोधन में मंत्री जयवीर सिंह ने परंपरागत तरीके से होली मनाने और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की अपील की। उन्होंने महासमिति के कार्यों की सराहना करते हुए 15 अप्रैल तक व्यावसायिक प्लॉट का प्रस्ताव देने को कहा और आश्वासन दिया कि पर्यटन और सांस्कृतिक विकास के लिए सरकार पूरा खर्च वहन करेगी। इस दौरान नक्षत्र वाटिका के जनक नांबियार जी को भी सम्मानित किया गया। स्थानीय नागरिक मौजूद रहे कार्यक्रम में राधा-कृष्ण के साथ फूलों की होली ने सभी का मन मोह लिया। साथ ही डिंपल दत्त को सामाजिक कार्यों के आधार पर रविंद्र पल्ली क्षेत्र का महिला प्रभारी नियुक्त किया गया।समारोह में क्षेत्र के कई पदाधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे, जिन्होंने उत्साह और उल्लास के साथ होली का आनंद लिया।
लखनऊ के गोमती नगर विस्तार स्थित को आधुनिक रूप देने की दिशा में बड़ा फैसला लिया गया है। मंगलवार को एलडीए मुख्यालय में हुई जनेश्वर मिश्र पार्क समिति की बोर्ड बैठक में पार्क के विकास के लिए ₹20 करोड़ के बजट को मंजूरी दे दी गई। बैठक की अध्यक्षता प्रमुख सचिव आवास पी. गुरुप्रसाद ने की। इस दौरान एलडीए वीसी प्रथमेश कुमार, सचिव विवेक श्रीवास्तव और अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। पार्क को वर्ल्ड क्लास सुविधाओं से लैस करने पर सहमति बनी। क्या-क्या बदलेगा LED से जगमगाएगा पार्क (₹2.5 करोड़) पार्क में लगी पुरानी सोडियम लाइटों को हटाकर अब आधुनिक LED लाइट्स लगाई जाएंगी, जिससे रोशनी बेहतर और ऊर्जा की बचत होगी। पार्क में मियावाकी पद्धति पर आधारित विशेष ‘थीम पार्क’ विकसित किया जाएगा। इसमें सजावटी और घने पौधे लगाए जाएंगे। इसके लिए अधिकारियों को डीपीआर तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। स्पोर्ट्स और फिटनेस को बढ़ावा (₹12 करोड़) खेल गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए मिनी स्पोर्ट्स स्टेडियम, बैडमिंटन और बास्केटबॉल कोर्ट बनाए जाएंगे। साथ ही PPP मॉडल पर योगा और फिजियोथेरेपी सेंटर भी विकसित होंगे। अन्य जरूरी काम भी शामिल बजट का एक हिस्सा पुराने बिजली बिलों के भुगतान, शौचालयों के रखरखाव, बागवानी और कर्मचारियों के वेतन पर भी खर्च किया जाएगा। पार्क को सिर्फ हरियाली तक सीमित न रखकर अब इसे फिटनेस, स्पोर्ट्स और मनोरंजन का बड़ा केंद्र बनाने की तैयारी है।
राजस्थान पर्यटन विभाग की ओर से राजस्थान दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला में जवाहर कला केंद्र में नाटक ‘समुद्र मंथन’ का प्रभावशाली मंचन किया गया। इस अवसर पर प्रदेश की उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय के रंगमंडल की ओर से प्रस्तुत इस भव्य नाटक का निर्देशन नेशनल स्कूल ऑफ ड्रामा के निदेशक चित्तरंजन त्रिपाठी ने किया। नाटक में 100 से अधिक कलाकारों ने अपनी सशक्त अभिनय क्षमता का प्रदर्शन किया, जिसने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। नाटककार आसिफ अली ने पौराणिक कथा को समकालीन संदर्भों से जोड़ते हुए इसे एक नई दृष्टि प्रदान की। नाटक की शुरुआत ही एक गहरे प्रश्न से होती है, हम कला और साहित्य पर मंथन क्यों करें? और इसका उत्तर पूरे नाटक के अंत में दर्शकों के सामने उभरकर आता है। निर्देशक चित्तरंजन त्रिपाठी का निर्देशकीय कौशल पूरे मंचन में स्पष्ट दिखाई दिया। बड़े स्क्रीन और आकर्षक दृश्य-परिकल्पना के माध्यम से प्रस्तुत किए गए दृश्य दर्शकों के मन में गहरी छाप छोड़ते हैं। संगीत और मंच सज्जा ने नाटक को और अधिक जीवंत और गतिशील बना दिया। शुरुआत से अंत तक नाटक की ऊर्जा बरकरार रही, जिससे दर्शक पूरी तरह उससे जुड़े रहे। कहानी के अनुसार, ऋषि दुर्वासा के शाप से शक्तिहीन हुए देवराज इंद्र को राक्षस-राज बलि पराजित कर देता है, जिससे राक्षसी प्रवृत्तियां सृष्टि पर हावी होने लगती हैं। इसके बाद भगवान ब्रह्मा के निर्देश पर देवता भगवान विष्णु से सहायता मांगते हैं, जो उन्हें समुद्र मंथन करने का मार्ग बताते हैं। इस मंथन से जहां अमृत प्राप्त होता है, वहीं विष भी निकलता है, जिसे भगवान शिव धारण कर संसार को बचाते हैं। नाटक का संदेश अत्यंत प्रासंगिक है। यह दर्शाता है कि आज विकास की दौड़ में हम उसके दुष्परिणामों पर विचार करना भूल गए हैं। जिस प्रकार समुद्र मंथन से विष भी निकला था, उसी प्रकार आधुनिक विकास के साथ प्रदूषण, प्लास्टिक और रासायनिक खतरे भी सामने आ रहे हैं। यह नाटक समाज को आत्ममंथन के लिए प्रेरित करता है कि हम अपने भविष्य, पर्यावरण और आने वाली पीढ़ियों के प्रति कितने जिम्मेदार हैं। नाटक ‘समुद्र मंथन’ की विशेषता यह रही कि इसमें पौराणिकता को बनाए रखते हुए आधुनिकता का सुंदर समावेश किया गया। यह प्रस्तुति न केवल एक सांस्कृतिक अनुभव रही, बल्कि सामाजिक चेतना का सशक्त माध्यम भी साबित हुई।
मेरठ के कपसाड़ मामले में मंगलवार को प्राइमरी टीचर ने जेजे बोर्ड के समक्ष अपने बयान दर्ज कराए। बयान दर्ज होने के बाद रूबी के एडवोकेट ने टीचर से जिरह का समय मांगा। बोर्ड ने 20 मार्च का समय बहस के लिए निर्धारित किया है। चर्चा है कि प्राइमरी टीचर के पास उम्र से जुड़ा पक्का कोई रिकार्ड नहीं है। शुरुआती जो जानकारी दी गई है, उससे आरोपी की उम्र निर्धारित नहीं हो पा रही। आइए जानते हैं कपसाड़ मामले को सरधना के कपसाड़ गांव में 8 जनवरी को दलित महिला सुनीता की हत्या कर उसकी बेटी रूबी को अगवा किया गया। आरोप गांव के ही दूसरे समाज के युवक पर लगे, जिसने विरोध देख वारदात को अंजाम दिया। गांव में तनाव बढ़ गया। पुलिस ने दो दिन के भीतर दोनों को बरामद कर कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने आरोपी को न्यायिक हिरासत में जेल और युवती को काउंसलिंग के बाद परिजनों की सुपुर्दगी में घर भेज दिया। दस्तावेजों में आरोपी निकला नाबालिगआरोपी के सलाखों के पीछे जाने के बाद खुलासा हुआ कि वारदात के वक्त वह नाबालिग था। तीन एडवोकेट संजीव राणा, बलराम सोम और विजय शर्मा ने आरोपी का केस लड़ने का ऐलान किया। तीनों ने कोर्ट के समक्ष आरोपी की उम्र से जुड़े साक्ष्य प्रस्तुत करते हुए मामले की सुनवाई जेजे बोर्ड में किए जाने की पैरवी की। एक माह बाद मामला जेजे बोर्ड ट्रांसफर 10 जनवरी को आरोपी जेल की सलाखों के पीछे पहुंच गया। 14 जनवरी को तीनों अधिवक्ताओं ने यह याचिका दायर की, जिसे कोर्ट ने स्वीकार किया। 7 सुनवाई तारीखों में दोनों पक्षों ने अपनी बात रखीं। आरोपी पक्ष को सफलता मिली और केस 9 फरवरी को जेजे बोर्ड ट्रांसफर कर दिया गया। हालांकि उम्र निर्धारण का पेच अभी भी फसा है। बोर्ड ने तलब किये प्राइमरी के दस्तावेजकपसाड़ मामला बेहद संवेदनशील रहा है। वारदात के बाद गांव में लंबे समय तनाव रहा। पुलिस फोर्स को तैनात करना पड़ा था। ऐसे में बोर्ड भी मामले में किसी भी तरह की जल्दबाजी के मूड में दिखाई नहीं पड़ता। इसी के चलते 10 मार्च को बोर्ड ने आरोपी की जन्मतिथि निर्धारित करने के लिए उसके प्राइमरी के दस्तावेज भी तलब कर लिए। प्राइमरी टीचर ने दर्ज कराए बयान मंगलवार को कपसाड़ गांव के प्राइमरी स्कूल के टीचर वीरेंद्र कुमार ने जेजे बोर्ड के समक्ष बयान दर्ज कराने के लिए पेश हुए। उनके बयान दर्ज होने के बाद वादी एडवोकेट ने प्राइमरी टीचर से जिरह की इच्छा जाहिर की। वादी एडवोकेट ने कहा कि मामला बेहद रोचक मोड़ पर है। ऐसे में जिरह बेहद जरूरी है। इसके बाद बोर्ड ने जिरह के लिए 20 मार्च का समय निर्धारित करते हुए टीचर को 20 को पुन: बोर्ड के समक्ष पेश होने के आदेश जारी कर दिए। जानिया कब क्या हुआ कपसाड़ में : - 8 जनवरी को आरोपी ने मां की हत्या कर युवती को अगवा किया। - 9 जनवरी की रात पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर युवती को बरामद कर लिया। - 10 जनवरी को आरोपी को कोर्ट ने 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। - 14 जनवरी को तीन एडवोकेट ने हाईस्कूल सर्टिफिकेट से जुड़ी रूलिंग के साथ आरोपी की तरफ से याचिका दायर की। - 22 जनवरी को याचिका मंजूर हुई और कोर्ट ने वादी पक्ष के सभी लोगों को नोटिस जारी कर दिए। - 31 जनवरी को वादी पक्ष ने बेसिक शिक्षा से जुड़े सर्टिफिकेट की रूलिंग लाने का दावा किया। - 3 फरवरी को वादी पक्ष रूलिंग उपलब्ध नहीं करा पाया। कोर्ट ने 4 फरवरी तारीख दी। - 4 फरवरी को वादी ने कक्षा 5 का सर्टिफिकेट जारी किया लेकिन उसमें भी आरोपी की जन्मतिथि हाईस्कूल के अनुसार 11-5-2008 ही मिली। - 7 फरवरी को कक्षा चार का सर्टिफिकेट लाने की मांग की लेकिन ला नहीं पाए। कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया। - 9 फरवरी को कोर्ट ने मामले को जेजे बोर्ड ट्रांसफर कर दिया।- 18 फरवरी को जेजे बोर्ड में सुनवाई शुरु। वादी पक्ष ने उम्र का मुद्दा उठाया। - 25 फरवरी को बोर्ड के समक्ष प्रतिवादी पक्ष ने अपोज किया। - 6 मार्च उम्र निर्धारण को तय हुई लेकिन हो ना सकी। - 7 मार्च को आरोपी की पुलिस कस्टिडी रिमांड मंजूर की गई। - 8 मार्च को आठ घंटे पुलिस आरोपी को लेकर घूमती रही लेकिन हथियार नहीं मिला। - 10 मार्च को बोर्ड ने प्राइमरी के दस्तावेज अगली सुनवाई यानि 17 मार्च को मंगाए जाने के आदेश दिए। - 17 मार्च को प्राइमरी स्कूल के टीचर ने बोर्ड के समक्ष बयान दर्ज कराए।
समाजवादी पार्टी ने उत्तर प्रदेश विधान परिषद के आगरा खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में बड़े पैमाने पर फर्जी शिक्षक मतदाताओं को शामिल करने का गंभीर आरोप लगाया है। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के निर्देश पर प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल ने मुख्य निर्वाचन अधिकारी, उत्तर प्रदेश को ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन में सपा ने मांग की है कि पूरी प्रक्रिया की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए। जिन शिक्षक मतदाताओं के फॉर्म-19 (आवेदन पत्र) को जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) ने प्रतिहस्ताक्षरित नहीं किया, उनके नाम अंतिम मतदाता सूची से हटाए जाएं। साथ ही फर्जी मतदाता बनाने वाले षड्यंत्रकारियों, निर्वाचन कर्मियों और अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि निष्पक्ष और शांतिपूर्ण चुनाव हो सकें। आगरा में बड़े पैमाने पर धांधली का आरोप सपा ने आरोप लगाया है कि अनंतिम मतदाता सूची के प्रकाशन के बाद आपत्ति अवधि जो 2 दिसंबर 2025 से 16 दिसंबर 2025 थी, में अकेले आगरा में 10,389 नए दावे आए, जिनमें से 7,780 स्वीकृत हुए। इससे कुल मतदाता 16,380 हो गए। लेकिन जिला विद्यालय निरीक्षक से 25 फरवरी 2026 को मांगी गई जन सूचना के मुताबिक, इस दौरान उन्होंने मात्र 1689 फॉर्म-19 का परीक्षण किया और उस पर हस्ताक्षर किए। इससे साफ है कि बाकी हजारों शिक्षक मतदाताओं का सत्यापन DIOS द्वारा नहीं हुआ। सपा का आरोप है कि ये फर्जी तरीके से, निर्वाचन अधिकारियों के साथ मिलकर अंतिम सूची में शामिल किए गए। यहां तक कि कुछ ऐसे शिक्षक भी सूची में हैं, जिनके आवेदन अनंतिम सूची से पहले ही डीआईओएस ने निरस्त कर दिए थे। पार्टी ने चुनाव आयोग से शिकायत की है कि इसी तरह अलीगढ़ और मथुरा जैसे जिलों में भी ऐसी ही गड़बड़ी की आशंका व्यक्त की है। निर्वाचन आयोग के दिशानिर्देशों का हवाला ज्ञापन में भारत निर्वाचन आयोग के पत्र 12 सितंबर 2025 और इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच के 2008 के फैसले का जिक्र करते हुए कहा गया है कि शिक्षक निर्वाचक बनने के लिए फॉर्म-19 को जिला विद्यालय निरीक्षक से अनिवार्य रूप से अटेस्ट होना जरूरी है। सपा ने आरोप लगाया कि पहले भी मंडलायुक्त आगरा को कई शिकायती पत्र दिए गए, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इससे निर्वाचन आयोग की मंशा के विपरीत फर्जी मतदाता तैयार हो गए, जो निष्पक्ष चुनाव में बड़ी बाधा हैं। ज्ञापन सौंपने वालों में के.के. श्रीवास्तव, डॉ. हरिश्चन्द्र सिंह और राधेश्याम सिंह शामिल थे, जिन्होंने त्वरित कार्रवाई की मांग की।
गाजियाबाद पुलिस कार्यालय के मीटिंग हॉल में पुलिस आयुक्त की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इसमें जिले की कानून-व्यवस्था और अपराध नियंत्रण पर विस्तृत चर्चा हुई। बैठक में सभी वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौजूद रहे और उन्होंने अपने-अपने क्षेत्र की स्थिति की जानकारी दी। बैठक की शुरुआत अपराध नियंत्रण की समीक्षा से हुई। अधिकारियों ने अपराध रोकने के लिए चलाए जा रहे अभियानों की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की और उन्हें और प्रभावी बनाने के तरीकों पर विचार-विमर्श किया। ऑपरेशन प्रहार के तहत अवैध गतिविधियों और संगठित अपराधों पर सख्ती से रोक लगाने के निर्देश भी दिए गए। ऑपरेशन कन्विक्शन पर भी चर्चा हुई। इसमें अपराधियों को जल्द सजा दिलाने के लिए अदालतों में मजबूत पैरवी सुनिश्चित करने का निर्णय लिया गया। यक्ष ऐप के सही उपयोग पर भी जोर दिया गया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि सभी शिकायतें और अपराध से संबंधित जानकारी समय पर ऐप में दर्ज की जाए, ताकि कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बनी रहे। जन शिकायतों के त्वरित निस्तारण के लिए भी सख्त निर्देश दिए गए। पुलिस आयुक्त ने कहा कि लोगों की समस्याओं का शीघ्र समाधान किया जाए, जिससे जनता का पुलिस पर विश्वास बना रहे। आगामी नवरात्रि पर्व के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष चर्चा की गई। भीड़ नियंत्रण, यातायात प्रबंधन और आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए अग्रिम तैयारियां करने के निर्देश दिए गए। पुलिस आयुक्त ने सभी अधिकारियों को अपनी जिम्मेदारियों को गंभीरता से निभाने और जनता की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का निर्देश दिया। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य जिले में कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करना और नागरिकों को सुरक्षित वातावरण प्रदान करना है।
सहारनपुर में मंगलवार को मकान मालिक पर हमला करने के मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जनकपुरी थाना पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हमले में इस्तेमाल की गई लोहे की रॉड भी बरामद कर ली है। इस मामले में एक अन्य आरोपी अभी फरार है, जिसकी तलाश जारी है। पुलिस के अनुसार, यह घटना 10 मार्च 2026 को हुई थी। गांव चकहरेटी जनता रोड निवासी गौरव सिंह ने थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि उनके पिता जगत सिंह पर ट्रांसपोर्ट नगर स्थित ओम सांई पार्किंग में हमला किया गया। गौरव ने बताया कि अमित यादव, जोनी और शिवम ने उनके पिता पर पीछे से हमला किया। आरोप है कि अमित यादव ने लोहे की रॉड से जगत सिंह के सिर पर वार किया, जबकि अन्य आरोपियों ने लाठी-डंडों से हमला किया। हमले में जगत सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए थे और जाते समय जान से मारने की धमकी भी दी थी। जनकपुरी थाना पुलिस ने इस मामले में गंभीर धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी थी। मंगलवार को पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए अमित यादव और शिवम को गिरफ्तार कर लिया। इनकी गिरफ्तारी ट्रांसपोर्ट नगर के पीछे एक निर्माणाधीन प्लॉट से हुई। पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों की निशानदेही पर हमले में प्रयुक्त लोहे की रॉड बरामद की गई। पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी शिवम का आपराधिक इतिहास रहा है और उसके खिलाफ विभिन्न थानों में कई गंभीर मुकदमे दर्ज हैं। अमित यादव के खिलाफ भी पहले आपराधिक मामले दर्ज बताए गए हैं। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी कर उन्हें कोर्ट में पेश किया है। तीसरे आरोपी जोनी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार प्रयास कर रही है और उसे भी जल्द गिरफ्तार करने का दावा किया है।
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर मंगलवार को एयरपोर्ट इमरजेंसी प्लानिंग कमेटी (AEPC) और एयरपोर्ट पर्यावरण प्रबंधन समिति (AEMC) की महत्वपूर्ण बैठक हुई। जिलाधिकारी की अध्यक्षता में वाईआईएपीएल (YIAPL) एडमिनिस्ट्रेटिव ऑफिस के सभागार में आयोजित इस बैठक में हवाई अड्डे की आपातकालीन तैयारियों, संरचित समन्वय व्यवस्था और आधुनिक आधारभूत संरचना का विस्तृत अवलोकन किया गया। जिलाधिकारी ने अग्निशमन विभाग, स्वास्थ्य विभाग, डीडीएमए, यमुना विकास प्राधिकरण और एपीएचओ सहित संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिए कि किसी भी आपात स्थिति में समयबद्ध, प्रभावी और एकीकृत प्रतिक्रिया सुनिश्चित करने के लिए सभी भागीदार एजेंसियों के बीच मजबूत समन्वय अनिवार्य है। नोएडा अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट के मुख्य कार्यकारी अधिकारी क्रिस्टोफ श्नेलमैन ने बैठक में प्रमुख बिंदुओं की जानकारी दी। यह समिति नागरिक उड्डयन मंत्रालय की आपदा प्रबंधन योजना-2016 और डीजीसीए के प्रावधानों के तहत गठित की गई है। इसका मुख्य कार्य हवाई अड्डे की आपातकालीन तैयारियों की समीक्षा करना, उन्हें अद्यतन करना और विभिन्न एजेंसियों के बीच प्रभावी समन्वय सुनिश्चित करना है। बैठक के दौरान हवाई अड्डे की आपातकालीन व्यवस्थाओं का व्यापक मूल्यांकन किया गया। इसमें आईसीएओ अनुलग्नक-14, डीजीसीए सीएआर और नागरिक उड्डयन मंत्रालय के दिशा-निर्देशों के अनुरूप आवश्यक नियामक प्रावधानों और संरचनात्मक व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा हुई। जिलाधिकारी ने अब तक आयोजित विभिन्न मॉक ड्रिल और आपातकालीन अभ्यासों की भी समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिए कि आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए जनपद स्तरीय अधिकारियों को भी प्रशिक्षण प्रदान किया जाए। पुलिस विभाग की समीक्षा के दौरान, जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि नो-फ्लाइंग जोन में ड्रोन उड़ाने की अनुमति नहीं होगी। साथ ही, एयरपोर्ट की परिधि के 18 किलोमीटर की दूरी तक लेजर लाइट का संचालन पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा। इसका सख्ती से अनुपालन सुनिश्चित कराया जाए, ताकि हवाई सुरक्षा से संबंधित किसी भी जोखिम की संभावना न रहे। उन्होने नोएडा अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा के कार्य प्रभावित क्षेत्रों में यमुना विकास प्राधिकरण एवं नगर पालिका जेवर के संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि आसपास के क्षेत्रों में निर्धारित मानकों के अनुरूप कूड़े का समुचित निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। जिससे स्वच्छता एवं पर्यावरणीय मानकों का पूर्ण अनुपालन बना रहे।बैठक में अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी शैलेंद्र कुमार भाटिया, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) अतुल कुमार, अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) प्रियंका, एसीपी सार्थक सेंगर सहित पुलिस, अग्निशमन, सीआईएफ, एनडीआरफ एवं आपातकालीन सेवाएं, DGCA, एपीएचओ तथा नोएडा अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा प्रबंधन टीम के प्रतिनिधियों सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
आगरा एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (एएनटीएफ) ने मथुरा में बड़ी कार्रवाई की है। यमुना एक्सप्रेसवे पर एक आरोपी को गिरफ्तार कर उसके पास से 1.20 करोड़ रुपये की हेरोइन बरामद की गई। यह कार्रवाई नौहझील थाना क्षेत्र में माइल स्टोन 64 के पास हुई। एएनटीएफ की ऑपरेशनल यूनिट आगरा जोन लंबे समय से आरोपी नितेश पुत्र रविंद्र बाबू, निवासी ट्रांस यमुना कॉलोनी आगरा पर नजर रख रही थी। 17 मार्च 2026 को टीम को सूचना मिली कि नितेश दिल्ली से हेरोइन लेकर लौट रहा है। इस सूचना पर कार्रवाई करते हुए टीम ने यमुना एक्सप्रेसवे पर घेराबंदी की। देर शाम आरोपी को माइल स्टोन 64 के पास से पकड़ लिया गया। तलाशी में नितेश के पास से 621 ग्राम हेरोइन मिली। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत लगभग 1 करोड़ 20 लाख रुपये बताई जा रही है। पुलिस ने आरोपी की हुंडई औरा कार (UP 80 JT 4124) और 5 लाख रुपये की नकद ड्रग मनी भी जब्त की है। पूछताछ में आरोपी नितेश ने बताया कि वह दिल्ली से मादक पदार्थ लाया था। उसने नोएडा में एक व्यक्ति को 400 ग्राम हेरोइन 5 लाख रुपये में बेची थी। शेष हेरोइन को वह आगरा ले जाकर अपने साथी सनी के साथ होटलों में सप्लाई करने की योजना बना रहा था। पुलिस अब इस मादक पदार्थ तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है। इस कार्रवाई को ड्रग्स के खिलाफ एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।
ललितपुर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला आजादपुरा स्थित गोविंद सागर बांध पुलिस चौकी में मंगलवार शाम एक अज्ञात युवक ने पुलिसकर्मी की मोटरसाइकिल में आग लगा दी। आग लगने के बाद पुलिसकर्मियों और स्थानीय लोगों ने बालू और पानी की मदद से आग पर काबू पाया। घटना उस समय हुई जब पुलिस चौकी के बाहर एक पुलिसकर्मी की मोटरसाइकिल खड़ी थी और पुलिसकर्मी अंदर अपने काम में व्यस्त थे। इसी दौरान एक अज्ञात युवक आया और उसने खड़ी बाइक में आग लगा दी। इस आगजनी की घटना में मोटरसाइकिल को मामूली नुकसान पहुंचा है। पुलिस चौकी में कोई सीसीटीवी नहीं लगा होने के कारण आरोपी की पहचान में दिक्कत आ रही है। इस घटना से क्षेत्र में हड़कंप मच गया है।
गाजीपुर में वाराणसी-गोरखपुर फोरलेन पर एक भीषण सड़क हादसे में सास, बहू और बाइक चालक समेत तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। यह घटना मरदह थाना क्षेत्र के कैथवली गांव के पास हुई।एक तेज रफ्तार कार ने पीछे से बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक चला रहे सतेन्द्र कुमार (निवासी हैदरगंज), पीछे बैठी सास राजेश्वरी देवी और उनकी बहू रिंकी देवी (निवासी बिजोरा गांव) दूर जा गिरे। तीनों ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। हादसे के बाद कार डिवाइडर पर चढ़ गई, जबकि चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। पुलिस ने बताया कि फरार कार चालक की तलाश की जा रही है। बताया गया है कि सास और बहू एक दिन पहले गांव में पट्टीदारों से हुए विवाद के संबंध में मरदह थाने में प्रार्थना पत्र देने आई थीं। मंगलवार को वे थाने से अपने घर लौट रही थीं। घर लौटने के लिए उन्हें कोई सवारी वाहन नहीं मिला। इसी दौरान गांव के ही सतेन्द्र कुमार बाइक से जा रहे थे, जिनसे लिफ्ट लेकर दोनों उनके साथ बैठ गईं। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बाइक थोड़ी ही दूर आगे बढ़ी थी कि मऊ की तरफ से आ रही तेज रफ्तार कार ने उन्हें टक्कर मार दी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को कब्जे में लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
बदायूं में संदिग्ध शराब पीने से एक अधेड़ व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि एक अन्य की हालत गंभीर बनी हुई है। परिजनों का आरोप है कि शराब में पानी की जगह दूध में मिलाया जाने वाला केमिकल मिला दिया गया था। पुलिस मामले की जांच कर रही है। यह घटना उझानी कोतवाली क्षेत्र के बरायमयखेड़ा गांव में मंगलवार रात को हुई। गांव के कमलेश (54) और यशपाल (50) गांव के बाहर एक दुकान पर शराब पी रहे थे। बताया गया है कि कमलेश के भाई के घर जागरण था। इसी दौरान पास के अन्नी गांव निवासी दामोदर (50) भी उनके साथ शराब पीने आ गया। शराब पीने के कुछ देर बाद तीनों की तबीयत अचानक बिगड़ गई और उन्हें उल्टियां होने लगीं। दुकान मालिक और आसपास के लोगों ने उन्हें पानी पिलाया, लेकिन उनकी हालत लगातार बिगड़ती गई। इसके बाद परिजनों को सूचना दी गई। परिजन रात में कमलेश और यशपाल को जिला अस्पताल ले गए। वहां डॉक्टरों ने कमलेश को मृत घोषित कर दिया, जबकि यशपाल को गंभीर हालत में भर्ती कर इलाज किया जा रहा है। कमलेश के परिजनों ने दावा किया है कि दामोदर की भी मौत हो गई है, हालांकि उसे अस्पताल नहीं लाया गया। उझानी के एसएचओ प्रवीण कुमार ने बताया कि फिलहाल एक व्यक्ति की मौत की सूचना मिली है। शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा और रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
रेवाड़ी में सरसों के खेत में एक बुजुर्ग का शव (नरकंकाल) मिलने से सनसनी फैल गई। शव को जानवरों ने बुरी तरह से नौचा हुआ था। कपड़ों से शव की पहचान गांव मुकन्दपुर बसई निवासी 55 वर्षीय राजसिंह के रूप में हुई। राजसिंह 24 फरवरी को शाम घर से खेत के लिए निकला था। देर रात तक वापस नहीं लौटा तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। अगले दिन बाइक खेतों के पास पड़ी मिली थी। कसौला थाना पुलिस ने परिजनों की शिकायत पर गुमशुदगी का केस दर्ज किया था। मंगलवार शाम पड़ोसी के खेत में सरसों की कटाई करते समय शव पड़ा मिला। सूचना के बाद कसौला थाना पुलिस फोरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लिया। नरकंकाल में हुआ तब्दील जानवरों के नौचने और लंबा समय बीतने से राजसिंह का शरीर पूरी तरह से नरकंकाल में तब्दील हो चुका था। जब पड़ोसी के खेत में नरकंकाल मिलने की सूचना मिली तो राजसिंह के परिजन भी मौके पर पहुंचे। शरीर पर मिले कपड़ों से परिजनों ने उसकी पहचान की। बेटे ने दर्ज करवाई थी रिपोर्ट गांव मुकन्दपुर बसई निवासी नरवीर सिंह ने पुलिस को शिकायत दी थी। जिसमें बताया कि उसके पिता 55 वर्षीय राजसिंह 24 फरवरी की शाम मोटरसाइकिल पर सवार होकर खेतों के लिए निकला था। देर शाम तक जब घर नहीं आया तो उसकी तलाश की गई। जान-पहचान और रिश्तेदारों के यहां भी उसका कोई पता नहीं चला। अगले दिन खेतों के पास उसकी बाइक खड़ी मिली। जांच अधिकारी ने कहा कि परिजनों ने किसी पर कोई आशंका नहीं जताई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
जोधपुर में धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। इसमें कर्मचारियों के दस्तावेजों का दुरुपयोग कर करोड़ों रुपए का लोन लेने का आरोप लगाया गया है। पीएफ, ईएसआई और बीमा के नाम पर दस्तावेज लेकर कर्मचारी के नाम पर लोन लिया गया। बासनी थाने में परिवाद के जरिए दी गई रिपोर्ट में गणेश कॉलोनी निवासी रियाज खान ने बताया कि बासनी स्थित फर्म रितू रोड लाइंस में बतौर सुपवाइजर काम करता था। पीएफ और बीमा के नाम पर लिए दस्तावेजरिपोर्ट के अनुसार फर्म में हितेंद्र गोयल, विष्णु गोयल और कविता गोयल की भागीदारी है। नौकरी के दौरान उससे पैन कार्ड, आधार कार्ड सहित अन्य दस्तावेज पीएफ और बीमा के नाम पर लेकर उन पर हस्ताक्षर करवा लिए। बाद में इन्हीं दस्तावेजों का कथित रूप से दुरुपयोग कर फर्जी हस्ताक्षर के जरिए हिंदुजा लेलैंड फाइनेंस से करोड़ों रुपए का ऋण उठा लिया। लोन की नहीं थी जानकारीपीड़ित का आरोप है कि उसे इस लोन के बारे में कोई जानकारी नहीं थी। उसके बैंक खाते में भी किसी प्रकार की राशि जमा नहीं हुई। जब उसे मामले की जानकारी मिली और उसने आरोपियों से बात की, तो उन्होंने जल्द लोन चुकाने का आश्वासन दिया। वहीं धमकियां देने लगे। आरोपियों ने कई कर्मचारियों के नाम पर इसी प्रकार से लोन लिया है। आरोपियों ने अलग-अलग नाम से कई फर्म बना रखी हैं। फाइनेंस कंपनी के कर्मचारियों की मिलीभगत की आशंकारिपोर्ट में रियाज ने बताया- आरोपी अपनी संपत्तियां बेचकर विदेश भागने की फिराक में हैं। कर्मचारियों पर ही लोन चुकाने का दबाव बना रहे हैं। साथ ही हिंदुजा लेलैंड फाइनेंस के कुछ अधिकारियों की भी मिलीभगत होने का संदेह जताया गया है। बासनी थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मंदसौर में चलती कार में लगी आग:ईद की खरीदारी के लिए जा रहा था परिवार, शॉर्ट सर्किट की आशंका
मंदसौर शहर के व्यस्त महाराणा प्रताप चौराहे पर मंगलवार रात एक चलती कार में अचानक आग लग गई। घटना के समय वहां लोगों की भीड़ थी, जिससे कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हालांकि, आसपास मौजूद लोगों की सतर्कता से स्थिति जल्द ही संभाल ली गई। ईद की खरीदारी के लिए जा रहा था परिवार जानकारी के अनुसार, जावेद हुसैन नाम का युवक अपने परिवार के साथ ईद की खरीदारी के लिए नई आबादी क्षेत्र से बाजार की ओर जा रहा था। जैसे ही वह महाराणा प्रताप चौराहे पर पहुंचा, कार से धुआं निकलने लगा और कुछ ही देर में आगे के हिस्से में आग भड़क गई। घटना के दौरान मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत पानी डालकर आग बुझाने की कोशिश शुरू कर दी। सामूहिक प्रयासों से कुछ ही समय में आग पर काबू पा लिया गया, जिससे बड़ा हादसा टल गया। इस दौरान कार में सवार सभी लोग सुरक्षित बाहर निकल गए। शॉर्ट सर्किट की आशंका प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, MP 44 CA 0836 नंबर की कार में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। फिलहाल इस घटना में किसी के घायल होने की खबर नहीं है, लेकिन कार को नुकसान जरूर हुआ है।
लखनऊ में ससुराल आए दामाद की हत्या:लव मैरिज से नाराज ससुर-सालियों ने पीटा, सिर फटने से मौत
लखनऊ में बेटी की लव मैरिज से नाराज पिता ने अपने दामाद को पीट-पीटकर मार डाला। दामाद किसी काम से ससुराल आया था। इस दौरान उसका ससुर और सालियों से विवाद हो गया। इसके बाद ससुराल पक्ष के लोगों ने उसकी पिटाई कर दी, जिससे उसका सिर फट गया और उसकी मौत हो गई। घटना मंगलवार देर रात आशियाना इलाके में हुई। मृतक की पहचान प्रतापगढ़ के रहने वाले विष्णु यादव (32) के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि विष्णु ने करीब चार साल पहले लखनऊ हाईकोर्ट के वकील तीर्थनाथ सिंह की बेटी साक्षी सिंह से प्रेम विवाह किया था। इसके बाद ही ससुराल पक्ष के लोग उससे रंजिश रखते थे। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा है। पुलिस और फॉरेंसिक टीम घटनास्थल की जांच कर रही है। प्रारंभिक जांच में पारिवारिक विवाद की बात सामने आ रही है। 2 तस्वीरें देखिए… दामाद को पीट-पीटकर मारा बताया गया कि आशियाना के सेक्टर-I मकान संख्या ए-1061 के रहने वाले तीर्थराज सिंह हाईकोर्ट लखनऊ में अधिवक्ता हैं। उनकी बेटी साक्षी सिंह के साथ प्रतापगढ़ के रहने वाले विष्णु यादव ने चार साल पहले प्रेम विवाह किया था। मंगलवार शाम दामाद विष्णु अपने ससुराल आया था। यहां किसी बात को लेकर उसका ससुर और सालियों से विवाद हो गया, जिसके बाद उसकी पीट पीट कर हत्या कर दी गई। पुलिस हत्या के कारणों की जांच कर रही है। पड़ोसी बोला-डेढ़ साल पहले मारा था चाकू पड़ोसी ने बताया- तीर्थराज गाड़ी में भाजपा का झंडा लगाकर चलते हैं। दबंग छवि के व्यक्ति हैं। एक-डेढ़ साल पहले दामाद से विवाद होने पर उसे चाकू मारा था। तब भी उनपर कोई कार्रवाई नहीं हुई थी। खबर अपडेट की जा रही है… …………………………… यह खबर भी पढ़ें कुलदीप यादव की दुल्हन के साथ विंटेज कार से एंट्री:CM योगी और अखिलेश के पैर छुए, रिसेप्शन में गंभीर-धवन और जडेजा भी पहुंचे भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार स्पिनर कुलदीप यादव का आज लखनऊ में रिसेप्शन पार्टी चल रही है। कुलदीप अपनी दुल्हन वंशिका के साथ रोल्स-रॉयस विंटेज कार में सवार होकर होटल द सेंट्रम पहुंचे। 1960 मॉडल की यह कार दिल्ली से मंगवाई गई है। यहां पढ़ें पूरी खबर
प्रयागराज में थाइलैंड से चल रहे साइबर फ्रॉड गिरोह का मददगार गिरफ्तार हुआ है। वह न सिर्फ थाईलैंड बल्कि लाओस, कंबोडिया जैसे देशों से चल रहे साइबर ठग रैकेट को बैंक अकाउंट उपलब्ध कराता था। उसने अपने गांव के ही कई लोगों को लालच देकर उनके खाते खुलवाए और फिर इन खातों का यूजरआईडी-पासवर्ड एजेंटों के जरिए रैकेट के सदस्यों को उपलब्ध कराए दिए। कौंधियारा का रहने वालाआरोपी विपिन मिश्रा उर्फ बबलू ग्राम गिधौरा थाना कौंधियारा का रहने वाला है। साइबर थाना पुलिस का दावा है कि थाईलैंड, लाओस व कंबोडिया) से डिजिटल अरेस्ट/पार्ट टाइम जॉब/इनवेस्टमेन्ट के नाम पर साइबर ठगी का खेल चल रहा है। इसमें इस्तेमाल किए जाने वाले म्यूल बैंक खातों को उपलब्ध कराने तथा ग्रामीण परिवेश के लोगों को गुमराह कर उनके खातों को कमीशन बेसिस पर बेचने का काम विपिन करता था। ऐसे फंसाते थे लोगों को अपनी बातों मेंपूछताछ में उसने बताया कि अपने साथी राज मिश्रा व अन्य की मदद से वह गांव के लोगों को सरकारी योजना अथवा नौकरी का झांसा, पैसे का लालच देकर उनका बैंक अकाउंट खुलवाते थे। इसके बाद चेकबुक, ए0टी0एम0, इंटरनेट बैंकिंग क्रेडेंशियल लेकर उसके मोबाइल में ओटीपी फॉरवर्डर एप कर देते हैं। फिर बैंक अकाउंट क्रेडेंशियल विदेश में बैठे रैकेट के सदस्यों को उपलब्ध करा देते हैं। कमीशन के फेर में करते थे खेलरैकेट के सदस्य इन्हीं खातों में ठगी की रकम मंगवाते हैं और फिर उन्हें अलग-अलग खातों में रेगुलेट करके क्रिप्टोकरेंसी खरीद कर इसे ऑनलाइन अपने खातों में मंगवा लेते हैं। विपिन ने बताया कि खाते उपलब्ध कराने के एवज में उन्हें अच्छा कमीशन मिल जाता है। कई सवालों का जवाब साइबर थाना पुलिस के पास नहींसाइबर थाना पुलिस म्यूल अकाउंट उपलब्ध कराने वाले को गिरफ्तार कर नेटवर्क की एक अहम कड़ी तक पहुंचने का दावा कर रही है। हालांकि कई सवालों के जवाब उसके पास अब भी नहीं हैं। मसलन कौंधियारा के रहने वाले युवक आखिर थाईलैंड में बैठे साइबर ठग रैकेट के संपर्क में कैसे आए। विदेशों से संचालित इन रैकेट का भारत में मॉडस ऑपरेंडी क्या हैं। ठगी के बाद उड़ाई गई रकम से कि्रप्टोकरेंसी खरीदने व इन्हें विदेशों तक किस नेटवर्क के जरिए भेजा जाता है और इनमें कौन-कौन शामिल हैं। इस मामले में थाना प्रभारी से बात की गई तो उन्होंने बताया कि वह अवकाश पर हैं। उधर प्रभारी इंस्पेक्टर आलमगीर ने सीयूजी नंबर पर संपर्क करने पर भी जवाब नहीं दिया।
फतेहपुर में शिक्षामित्र बीएलओ बृजेश कुमार की मंगलवार देर शाम इलाज के दौरान मौत हो गई। परिजनों ने आरोप लगाया है कि जिला प्रशासन ने उन्हें इलाज के लिए छुट्टी नहीं दी, जिसके कारण उनकी जान चली गई। बृजेश कुमार दो माह पहले एक सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उनकी मौत की सूचना मिलने पर कांग्रेस नेताओं ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की और हर संभव मदद का आश्वासन दिया। बृजेश कुमार फतेहपुर के मलवां थाना क्षेत्र के गुझी मजरे लंहगी गांव के निवासी थे। परिवार के सदस्यों ने बताया कि जनवरी में एसआईआर ड्यूटी के दौरान हुई एक सड़क दुर्घटना में उनका हाथ टूट गया था। उनका उपचार कानपुर के एक निजी अस्पताल में काफी दिनों तक चला। अस्पताल से लौटने के कुछ दिनों बाद उन्हें फिर से स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतें शुरू हो गईं। परिजनों का कहना है कि बृजेश कुमार ने अपने इलाज के लिए अधिकारियों से छुट्टी की गुहार लगाई थी, लेकिन उन्हें छुट्टी नहीं मिली। छुट्टी न मिलने के कारण उनका समुचित इलाज नहीं हो पाया, जिसके परिणामस्वरूप उनकी मौत हो गई। कांग्रेस नेता शिवाकांत तिवारी ने मृतक के परिवार से मिलने के बाद बताया, बृजेश कुमार के परिवार में उनकी पत्नी और दो छोटे बच्चे हैं। यह जिले में तीसरी ऐसी घटना है, जहां इलाज के लिए छुट्टी न मिलने के कारण किसी की मौत हुई है। उन्होंने मुख्यमंत्री से पीड़ित परिवार को उचित मदद और आर्थिक सहायता प्रदान करने की मांग की।
मंदसौर नगर पालिका सभागार में मंगलवार देर शाम स्वच्छता सर्वेक्षण 2026 को लेकर बैठक आयोजित की गई। बैठक में शहर को स्वच्छता के मामले में देश के टॉप-10 शहरों में शामिल करने का लक्ष्य तय किया गया। इसमें कलेक्टर अदिति गर्ग, नगर पालिका अध्यक्ष रमादेवी बंशीलाल गुर्जर, स्वच्छता सभापति दीपमाला मकवाना सहित सभी नगरीय निकायों के सीएमओ मौजूद रहे। नगर पालिका अध्यक्ष ने इसे पूरे शहर का सामूहिक लक्ष्य बताते हुए जनप्रतिनिधियों और नागरिकों से सहयोग की अपील की। कलेक्टर अदिति गर्ग ने निर्देश दिए कि सभी वार्डों में स्वच्छता प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएं, ताकि लोगों में सफाई को लेकर जागरूकता बढ़े। इसके साथ ही स्कूलों में कंपोस्ट पिट बनाने और बच्चों की भागीदारी बढ़ाने पर जोर दिया गया। झुग्गी बस्तियों में भी विशेष अभियान चलाकर लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने के निर्देश दिए गए। 100 प्रतिशत कचरे का प्रबंधन करेंगे बैठक में कचरा प्रबंधन को बेहतर बनाने पर विशेष जोर दिया गया। 100 प्रतिशत कचरा सेग्रीगेशन, निर्माण कार्य से निकलने वाले कचरे का सही प्रबंधन और शहर की सफाई व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश दिए गए। साथ ही पार्क निर्माण, चौराहों के सौंदर्यकरण और जल संरचनाओं की सफाई पर भी काम करने की बात कही गई। बीपीएल चौराहे पर एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) डिस्प्ले लगाने के निर्देश भी दिए गए, ताकि लोगों को वायु गुणवत्ता की जानकारी मिल सके। पर्यटन स्थल विकसित करने का भी संकल्प अधिकारियों ने शहर के तालाबों और पर्यटन स्थलों के विकास पर भी जोर दिया। इन स्थानों पर पाथवे बनाने और साफ-सफाई बेहतर करने की योजना है। बैठक में कहा गया कि स्वच्छता अभियान को सफल बनाने के लिए जनभागीदारी जरूरी है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि वे छोटी-छोटी बातों पर ध्यान देकर मंदसौर को स्वच्छ और सुंदर शहर बनाने के लक्ष्य की दिशा में काम करें।
मुंगेर में पूर्व मंत्री रामदेव सिंह यादव की चौथी पुण्यतिथि मंगलवार को मनाई गई। इस अवसर पर खोजा बाजार स्थित रामदेव सिंह यादव साइंस कॉलेज परिसर में एक श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। विभिन्न राजनीतिक और सामाजिक संगठनों के नेताओं तथा कार्यकर्ताओं ने उन्हें याद करते हुए श्रद्धासुमन अर्पित किए। सभा की अध्यक्षता सुखदेव यादव ने की, जबकि समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष पप्पू यादव ने इसका संचालन किया। मुंगेर के विधायक कुमार प्रणय कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने कहा कि रामदेव सिंह यादव मुंगेर की मिट्टी के सच्चे सपूत थे, जिन्होंने हमेशा जाति और पार्टी की सीमाओं से ऊपर उठकर आम लोगों के हित में काम किया। पूरी जिंदगी जनहित और मूल्यों पर आधारित राजनीति कीअपने अध्यक्षीय संबोधन में सुखदेव यादव ने रामदेव सिंह यादव को एक ऐसे नेता के रूप में याद किया, जिन्होंने पूरी जिंदगी जनहित और मूल्यों पर आधारित राजनीति की। पप्पू यादव ने उन्हें बेबाक और निर्भीक राजनीतिक चेहरा बताते हुए कहा कि वे हमेशा शोषितों, पीड़ितों और मजलूमों की आवाज बने रहे। विधानसभा प्रत्याशी नरेंद्र तांती ने भी सभा को संबोधित कियाराजद के प्रदेश महासचिव प्रमोद यादव, जिला अध्यक्ष संजय बिंद, जदयू नेता मनोरंजन मजूमदार और महागठबंधन के जमालपुर विधानसभा प्रत्याशी नरेंद्र तांती ने भी सभा को संबोधित किया। उन्होंने रामदेव सिंह यादव को समाजवाद का सच्चा प्रहरी बताया। वक्ताओं ने कहा कि उन्होंने युवाओं को राजनीति में आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और शिक्षा के क्षेत्र में कई कॉलेजों की स्थापना कर समाज को नई दिशा दी। इस अवसर पर राजद महासचिव आकाशदीप यादव, गजेंद्र प्रसाद, हिमांशु, अरविंद राय, शिव शंकर यादव, मनोज क्रांति, विद्या किशोर, सुरेश तांती, लखन यादव, अनिल भूषण यादव, अरुण सिंह, मणिशंकर, भोलू शाह सहित सैकड़ों लोग मौजूद रहे।
पटना में स्मैक पार्टी के दौरान चली गोली:एक युवक को लगी, दोस्तों ने छिपकर अस्पताल में कराया एडमिट
बुद्धा कॉलोनी थाना इलाके की दुजरा देवी स्थान मंदिर के पीछे स्मैक पार्टी के दौरान एक युवक को गोली लगी है। जिसकी पहचान मैनपुरा के रहने वाले आकाश कुमार के तौर पर हुई है। आकाश अपने नशेड़ी दोस्तों के साथ मिलकर मंदिर के पीछे पार्टी कर रहा था। इसी बीच उसकी गोली लग गई। गोली लगने के बाद आसपास के लोगों में सनसनी फैल गई। दोस्त आकाश को मंदिर के पीछे से लेकर अस्पताल गए। इसकी सूचना किसी को नहीं दी। छिपकर एक निजी अस्पताल में इलाज कर रहे थे। इसी बीच इसकी जानकारी पुलिस को मिल गई। पुलिस ने दर्ज किया स्टेटमेंट पुलिस अस्पताल पहुंचकर आकाश कुमार का स्टेटमेंट रिकॉर्ड की है। उसने पुलिस को बताया है कि सभी दोस्त दूजरा मंदिर के पीछे बैठे थे। इसी बीच किसी अज्ञात शख्स ने उसे गोली मार दी। आकाश का स्टेटमेंट लेने के बाद पुलिस ने उसके दोस्तों का भी स्टेटमेंट रिकॉर्ड किया। जिसमें दोस्तों ने पुलिस को बताया कि गोली आकाश के ही पिस्तौल से लगी थी। किसी ने गोली मारी नहीं है। आकाश बचने के लिए हम लोग को बताया था कि पुलिस जब पूछेगी तो बता देना किसी ने गोली मार दी है। बुद्धा कॉलोनी थाने में केस दर्ज पुलिस ने आकाश के बयान के आधार पर केस दर्ज करके मामले की छानबीन शुरू कर दी है। फिलहाल आकाश का एक निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। आकाश का पहले से भी अपराधी के इतिहास रहा है। पुलिस इस एंगल से भी छानबीन कर रही है।
लखनऊ में सपा प्रमुख अखिलेश यादव नसीमुद्दीन सिद्दी की रोजा इफ्तार पार्टी में शामिल हुए। उनके साथ इस्लामिक सेंटर ऑफ इंडिया के अध्यक्ष मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली समेत बड़ी संख्या में सियासी और सामाजिक लोगों ने भी हिस्सा लिया। इफ्तार के बाद मीडिया से बात करते हुए अखिलेश यादव ने योगी सरकार और केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा। अखिलेश यादव ने बयान देते हुए कहा- एलपीजी गैस का संकट बढ़ रहा है। स्थिति ऐसी ही रही है तो आगे व्यापार पर बड़ा नुकसान पहुंचेगा। हम अफवाह नहीं फैला रहे हैं। हम जानकारी दे रहे हैं। जनता को मालूम है कि सबसे बड़ा अफवाहजीवी कौन है। सरकार को एलपीजी संकट दूर करने के लिए काम करना चाहिए। ग्रीन कॉरिडोर में गड्ढे को लेकर कहा उनके लोगों ने रात में जाकर गड्ढे खोद दिए होंगे। इतना पैसा लगने के बावजूद भी गड्ढा हो गया। इन्हें गड्ढे पसंद हैं। बंगाल में SIR के नाम पर जनता बहुत परेशान हुई अखिलेश यादव ने कहा कि जब चुनाव उत्तर प्रदेश में होगा ना डीजीपी हटेंगे ना होम सेक्रेटरी हटेंगे ना चीफ सेक्रेटरी हटेंगे ना कप्तान की शिकायत करेंगे ना वह हटेंगे ना डीएम हटेंगे ना कमिश्नर हटेंगे लेकिन यह सब बीजेपी को हरवाएगे। उन्होंने कहा कि बंगाल में हटाया है लेकिन जनता वहां पर ममता बनर्जी को चुनने जा रही है। बंगाल के लोगों ने भेदभाव देखा है SIR के बहाने बहुत परेशान किया अभी भी परेशान किया जा रहा है वोटर लिस्ट तैयार नहीं है । गोरखपुर में हत्या हो रही हर दूसरे तीसरे दिन रुकने जाते हैं हमेशा हत्या होती है वहां पर जब मुख्यमंत्री जी गोरखपुर जाते हैं लॉ अलग ले जाते है ऑर्डर अलग ले जाते हैं। ‘बनारस में इफ्तार पर बोले हथेली गरम पुलिस नरम’ बनारस में नाव पर अफ्तार को लेकर अखिलेश यादव ने कहा डीएम एसपी और एसओ को भी अच्छा खाना खिलाना चाहिए था। हथेली गरम पुलिस नरम उन्होंने हथेली नहीं गम किए होंगे नाव पर क्यों नहीं बना सकते हैं। हमारे आपके बीच में दूरियां पैदा करने के लिए ये किया जा रहा है। एक जहाज चला था फाइव स्टार उसमें महंगी महंगी शराब रखी थी और जो वेस्ट है उसका टॉयलेट का गंगा में जा रहा था उस पानी जहाज के मालिक पर क्या कार्रवाई हुई। एक टेंट लगा था नकली टेंट उस समय जो गड्ढे खोदकर छोड़ गए थे गंदगी वह गंगा में पहुंची यह सब बहाना है जानबूझकर प्रशासन इस तरह का काम कर रहा है सरकार को खुश करने के लिए।
पाटलिपुत्र खेल कॉम्प्लेक्स के इंडोर स्टेडियम में आयोजित द्वितीय बिहार महिला कबड्डी लीग 2026 का आज समापन हुआ। मगध वॉरियर्स चैंपियन बनी। सारण स्ट्राइकर्स उप विजेता और सीवान टाइटंस तीसरे स्थान पर रही। सारण स्ट्राइकर्स को 21 पॉइंट और मगध वॉरियर्स को 24 पॉइंट मिले। आज के कार्यक्रम में मुख्य अतिथि बिहार के वित्त एवं ऊर्जा मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव और विशिष्ट अतिथि शिक्षा मंत्री डॉ सुनील कुमार रहे। उन्होंने विजेताओं को ट्रॉफी, मेडल और नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया। 42 खिलाड़ियों को राजगीर में मिलेगी स्पेशल ट्रेनिंग इस प्रतियोगिता में बेस्ट रेडर ऑफ सीजन - मुस्कान ( सारण स्ट्राइकर्स ), बेस्ट डिफेंडर- शिवानी ( सारण स्ट्राइकर्स ), प्लेयर ऑफ सीजन- नैंसी प्रिया ( मगध वॉरियर्स ), बेस्ट कोच ऑफ सीजन - मेनका कुमारी ( सारण स्ट्राइकर्स ), बेस्ट रेफरी ऑफ सीजन- राणा रंजीत सिंह घोषित किए गए। 42 खिलाड़ियों को राजगीर में विशेषज्ञों की निगरानी में प्रशिक्षित किया जाएगा और इनमें से ही राष्ट्रीय अंतर्राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए बिहार की टीम का गठन किया जाएगा। प्रतियोगिता की बेस्ट रेडर, बेस्ट डिफेंडर और ओवर ऑल बेस्ट प्लेयर को नकद राशि के साथ एक एक स्कूटी भी पुरस्कार के रूप में दिया जाएगा। शिक्षा विभाग द्वारा इस तरह की प्रतियोगिता का किया जाएगा आयोजन मंत्री डॉ. सुनील कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि खेल के सर्वांगीण विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता और बिहार के खेल प्रतिभा के कारण आज बिहार खेल के क्षेत्र में लगातार नयी ऊंचाईयों को छू रहा है। इस प्रतियोगिता में बिहार की बेटियों की खेल क्षमता का भी प्रदर्शन हुआ है जो। शिक्षा विभाग द्वारा भी इस तरह की प्रतियोगिता का आयोजन कर बिहार के खिलाड़ियों को प्रोत्साहित किया जाएगा। राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर बिहार की एक सकारात्मक छवि बन रही है और आगे भी बेहतर प्रयास कर इसे आगे बढ़ाने में सरकार हर सम्भव प्रयास और सहयोग करेगी। विजेता को 6.5 लाख, उप विजेता को 3.5 लाख मिले बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक रवीन्द्रण शंकरण ने बताया कि पिछली कबड्डी लीग के विजेता को 1.5 लाख, उप विजेता को 75 हजार और तीसरे स्थान को 50 हजार की नकद राशि पुरस्कार के तौर पर दी गई थी। लेकिन इस बार प्रतियोगिता की बढ़ती लोकप्रियता और महिला खिलाड़ियों की इसके प्रति बढ़ती अभिरुचि को ध्यान में रखते हुए खेल विभाग और प्राधिकरण ने विजेता को 6.5 लाख, उप विजेता को 3.5 लाख और तीसरे स्थान वाले को 2.5 लाख रुपए नकद पुरस्कार राशि के रूप में दिए।
बरेली पुलिस लाइन्स अब और भी हाईटेक हो गई है! एसएसपी अनुराग आर्य ने नवनिर्मित एसपी ट्रैफिक ऑफिस और वीआईपी सेल का भव्य उद्घाटन किया।मुख्यमंत्री के विजन को धरातल पर उतारते हुए, पुलिस लाइन्स का कायाकल्प किया गया है। यहाँ न केवल आधुनिक कार्यालय बने हैं, बल्कि पुलिसकर्मियों की मानसिक शांति के लिए 'प्रहरी उद्यान' की भी सौगात दी गई है। यूपी के मुख्यमंत्री के निर्देशों के क्रम में पुलिस महकमे को आधुनिक और सुविधा संपन्न बनाने की दिशा में बरेली पुलिस ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। मंगलवार को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) अनुराग आर्य द्वारा रिजर्व पुलिस लाइन्स, बरेली में नवनिर्मित पुलिस अधीक्षक यातायात कार्यालय सहित कई महत्वपूर्ण इकाइयों का विधिवत उद्घाटन किया गया। लगभग डेढ़ वर्ष से चल रहे पुलिस लाइन्स के सुदृढ़ीकरण और सौंदर्यीकरण अभियान के तहत इन नए भवनों को जनता और पुलिसकर्मियों को समर्पित किया गया। देखे हाईटेक ऑफिस की भव्य फोटोज… फीता काटकर नई इकाइयों का शुभारंभकार्यक्रम का भव्य शुभारंभ एसएसपी अनुराग आर्य द्वारा शिलान्यास पट्टिका के अनावरण के साथ हुआ। इसके बाद उन्होंने नवनिर्मित पुलिस अधीक्षक यातायात कार्यालय का फीता काटकर उद्घाटन किया। इसी कड़ी में सहायक पुलिस अधीक्षक अंजना दहिया ने यातायात कार्यालय की 'पेशी' का उद्घाटन किया। पुलिस व्यवस्था को और अधिक सुचारु बनाने के लिए वीआईपी सेल का उद्घाटन सहायक पुलिस अधीक्षक/क्षेत्राधिकारी आरटीसी सोनाली मिश्र द्वारा किया गया। वहीं, हाईवे और लाइन्स के क्षेत्राधिकारी व सहायक पुलिस अधीक्षक शिवम आशुतोष ने टीएसआई (TSI) कार्यालय का उद्घाटन संपन्न कराया। 'प्रहरी उद्यान' बना आकर्षण का केंद्रकार्यालयों के साथ-साथ पुलिसकर्मियों के मानसिक स्वास्थ्य और पर्यावरण को ध्यान में रखते हुए प्रहरी उद्यान का निर्माण कराया गया है। एसएसपी ने उद्यान के मुख्य द्वार पर शिलान्यास पट्टिका का अनावरण किया। वहां स्थापित प्रतिमा का विधिवत उद्घाटन किया। इस खास अवसर पर विभाग के निचले स्तर के कर्मचारियों को सम्मान देते हुए यातायात शाखा के हेड कांस्टेबल साने आलम पासा से भी फीता कटवाकर उद्घाटन कराया गया। इन अधिकारियों की रही गरिमामयी उपस्थितिइस गौरवपूर्ण अवसर पर जनपद के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का जमावड़ा रहा। कार्यक्रम में मुख्य रूप से मानुष पारीक, पुलिस अधीक्षक नगर, मोहम्मद अकमल खान, अपर पुलिस अधीक्षक यातायात, सोनाली मिश्र, सहायक पुलिस अधीक्षक, अंजना दहिया, सहायक पुलिस अधीक्षक, शिवम आशुतोष, सहायक पुलिस अधीक्षक, अंजनी कुमार तिवारी, क्षेत्राधिकारी नगर द्वितीय, संदीप सिंह, क्षेत्राधिकारी फरीदपुर मौजूद रहे। एसएसपी ने थपथपाई टीम की पीठएसएसपी अनुराग आर्य ने कहा कि पिछले डेढ़ साल से पुलिस लाइन्स का आधुनिकीकरण निरंतर प्रगति पर है। उन्होंने इस अभियान की सफलता का श्रेय एसपी ट्रैफिक मोहम्मद अकमल, मानुष पारीक (एसपी सिटी), अंशिका वर्मा (एसपी साउथ), शिवम आशुतोष और प्रतिसार निरीक्षक को दिया। उन्होंने बताया कि पूर्व में परेड ग्राउंड और मीटिंग हॉल का कायाकल्प किया गया था, और अब नए कार्यालयों के बनने से पुलिस कार्यप्रणाली अधिक प्रभावी होगी।
औद्योगिक नगर पीथमपुर में नौ दिवसीय गणगौर उत्सव की धूम है। भूआना प्रांतीय उत्सव समिति के गीतांजलि एकेडमी परिसर में आयोजित इस उत्सव में क्षेत्र के सैकड़ों परिवार पूरी आस्था के साथ शामिल हो रहे हैं। यह आयोजन पिछले 32 सालों से लगातार हो रहा है, जिसमें लगभग 750 परिवार अपनी सहभागिता दर्ज कराते हैं। भगवान शिव (गण) और माता पार्वती (गौरी) की उपासना का यह पर्व प्रेम और अखंड सौभाग्य का प्रतीक माना जाता है। पारंपरिक 'झांलरीया' और सांस्कृतिक आयोजन उत्सव के दौरान शाम को महिलाओं ने पारंपरिक वेशभूषा में माता गौरी की स्तुति की और 'झांलरीया' (एक प्रकार का गरबा) नृत्य प्रस्तुत किया। इसके साथ ही, आयोजन समिति पौराणिक कथाओं और सामाजिक विषयों पर आधारित नाटकों का मंचन कर रही है। महिलाएं पति की लंबी उम्र और सुखद वैवाहिक जीवन की कामना के साथ व्रत रखकर पूजा-अर्चना कर रही हैं। 21 मार्च को होगी विदाई पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, माता पार्वती होली के अगले दिन अपने मायके आती हैं और कुछ दिनों बाद भगवान शिव उन्हें लेने पहुंचते हैं। इसी विदाई की याद में 21 मार्च को महोत्सव का समापन होगा। इस अवसर पर विशाल भंडारे का आयोजन किया जाएगा, जिसके बाद माता गौरी को भावपूर्ण विदाई दी जाएगी। समिति के सदस्यों का कहना है कि पीथमपुर जैसे औद्योगिक क्षेत्र में ऐसे आयोजनों का मुख्य उद्देश्य नई पीढ़ी को अपनी गौरवशाली परंपराओं और संस्कृति से रूबरू कराना है।
लटका मिला युवक का शव का शव:भाई से नाराज होकर रात में घर से निकला था, पास खड़ी बाइक से हुई पहचान
बिलखिरिया थाना क्षेत्र में कोकता डेम के पास मंगलवार सुबह एक युवक का शव फांसी के फंदे पर लटका मिला। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शव को नीचे उतरवाकर जांच शुरू की। घटनास्थल के पास खड़ी बाइक के आधार पर युवक की पहचान की गई। पुलिस को मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है।पुलिस के मुताबिक मृतक की पहचान विकास (25) के रूप में हुई है, जो मूल रूप से रायसेन जिले के पठारी का रहने वाला था। वह भोपाल में अशोका गार्डन के सेमरा इलाके में अपने बड़े भाई के साथ रहकर मजदूरी करता था। भाई से नाराज होकर रात में घर से निकलाजांच में सामने आया है कि विकास सोमवार रात किसी बात को लेकर अपने भाई से नाराज हो गया था। इसके बाद वह बाइक लेकर घर से निकल गया। भाई को लगा कि वह नाराज होकर अपने माता-पिता के पास गांव जा रहा है, लेकिन सुबह उसका शव कोकता डेम के पास रैलिंग से लटका मिला।बाइक से हुई पहचानमंगलवार सुबह स्थानीय लोगों ने युवक का शव लटका देखा और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने आसपास जांच की तो थोड़ी दूरी पर एक बाइक खड़ी मिली। वाहन के आधार पर युवक की पहचान कर परिजनों को सूचना दी गई।सुसाइड नोट नहीं मिला, कारण की जांचथाना प्रभारी उमेश चौहान के अनुसार घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। पुलिस ने मर्ग कायम कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पीएम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। पुलिस का कहना है कि परिजनों और खासकर बड़े भाई के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। बयान और अन्य तथ्यों के आधार पर ही आत्महत्या के कारणों का स्पष्ट खुलासा हो सकेगा।
हमीदिया अस्पताल की इमरजेंसी में फायरिंग कर दहशत फैलाने वाले शातिर बदमाश शादाब कुरैशी उर्फ गेट को भोपाल पुलिस जलगांव से लेकर भोपाल रही है। आरोपी से क्राइम ब्रांच पूछताछ की तैयारी कर रही है। इससे पहले महाराष्ट्र के जलगांव में पुलिस ने उसे पिस्टल के साथ गिरफ्तार किया था।पुलिस के मुताबिक वारदात में जिस हथियार का इस्तेमाल किया गया था, वह एक आधुनिक पिस्टल बताई जा रही है। पुलिस ने उसे जब्त कर लिया है और उसका परीक्षण कराया जा रहा है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि उसी हथियार से फायरिंग की गई थी या नहीं। पुलिस के मुताबिक, शनिवार तड़के करीब 4.45 बजे शादाब गेट ने अपने साथियों शाजेब गेट, अनस कुरैशी, अल्लू परवेज, शाहबर टैंकर और गुड्डू स्टेशन के साथ मिलकर अशोका गार्डन इलाके के तिरंगा चौराहे पर हिस्ट्रीशीटर लल्लू रईस के 19 वर्षीय बेटे इमरान को घेर लिया था। बताया जा रहा है कि इमरान 80 फीट रोड स्थित चाय-नाश्ते की दुकान से घर लौट रहा था। इसी दौरान बदमाशों ने उस पर फायरिंग कर दी। एक गोली उसकी कनपटी के पास से निकल गई। जान बचाने के लिए वह घर की ओर भागा, लेकिन बदमाश पीछा करते हुए उसके घर तक पहुंच गए और वहां भी गोलियां चलाईं। इस दौरान एक गोली इमरान के पैर में लग गई, जिससे वह घायल हो गया। ये खबर भी पढ़ें हिस्ट्रीशीटर के बेटे को दौड़ा-दौड़ाकर मारी गोली…VIDEO मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में शनिवार तड़के कुख्यात बदमाश लल्लू रईस के घर पर फायरिंग हुई। शादाब गेट और उसके गिरोह के 8-10 बदमाशों ने दौड़ा-दौड़ाकर गोलियां चलाईं। एक गोली हिस्ट्रीशीटर के बेटे के पैर में लगी है। मामला अशोका गार्डन थाना क्षेत्र का है।पढ़ें पूरी खबर
पटना सिविल कोर्ट से मनीष रंजन की जमानत याचिका खारिज होने के बाद मंगलवार के दिन पीड़ित पक्ष के वकील एसके पांडे ने प्रेस कांफ्रेंस बुलाई थी। उन्होंने इस दौरान जांच एजेंसियों पर सवाल खड़े किए हैं। जांच एजेंसियां जांच के नाम पर पीड़ित पक्ष के लोगों पर दबाव बना रही है। उन्होंने बताया कि अदालत का जो फैसला आया है, उसकी ऑनलाइन कॉपी हमने नेट से डाउनलोड कर ली है। मोटा मोटी देखने से कमोबेश यही है कि मनीष रंजन की जमानत याचिका कोर्ट ने खारिज कर दी है। जांच एजेंसियों को अदालत ने कुछ निर्देश दिए हैं। जिसका एजेंसियों को पालन करना होगा। पुलिस और जांच एजेंसियां तथ्यों को छिपाते हुए जनता में भ्रम फैला रही है। इन लोगों ने पहले ही डिसाइड कर रखा है कि इस केस में असली गुनहगारों को बचाना है, और मुल्जिमों को क्लीन चीट देनी है। इन लोगों ने अदालत में खुल्लम खुल्ला कहा कि मनीष रंजन को जमानत दे दी जाए। केस को पूरी तरह से लीपापोती करने की कोशिश जारी है एसके पांडे ने कहा कि मेरे नॉलेज में तो नहीं है कि इस तरीके से कोई जांच अधिकारी मुल्जिम की पैरवी करता हो, या कभी किया है। इस केस को पूरी तरह से लीपापोती करने की कोशिश जारी है। CBI भी बिहार पुलिस और SIT के नक्शे कदम पर चल रही है। जानबूझकर मृतक परिवार को परेशान किया जा रहा है। मैं जांच एजेंसियों से कहना चाहता हूं कि आप मृतक परिवार से पूछताछ कर रहे हैं तो कानूनी मर्यादा का ख्याल रखें। वकील बोले- मनीष रंजन से कोई पूछताछ नहीं की उसे लिखित में नोटिस भेजे या आने की सूचना दें। लेकिन बिना कोई सूचना दिए अनेकों बार मृतक परिवार के पास पहुंच गए। उन्होंने मनीष रंजन से कोई पूछताछ नहीं की। उसे हिरासत में लेकर पूछताछ नहीं हुई। घटना वाले दिन हॉस्टल में कितने कर्मचारी थे। इसके बारे में पूछताछ नहीं हुई। हॉस्टल में खाना कौन बनाता था। गार्डन कौन था। हॉस्टल के कितने कर्मचारी थे। हॉस्टल में कितनी बच्चियों मौजूद थी। इन सब चीजों के बारे में पूछताछ नहीं हो रही है। बगैर नोटिस दिए जांच एजेंसियां मृतक परिवार से पूछताछ करने पहुंच जा रही है। बिना लिखित सब प्रक्रिया पूरी की जा रही है। उन्हें प्रताड़ित करना। यह जांच के नाम पर उनके ऊपर ही दबाव बनाना है।
भिवाड़ी में कंपनी के बाहर युवक ने लगाई आग:गंभीर हालत में अलवर रेफर, कपड़े जले; चमड़ी उतरी
खैरथल तिजारा जिले के भिवाड़ी औद्योगिक क्षेत्र में एक व्यक्ति ने कंपनी के बाहर खुद को आग लगा ली। मंगलवार देर शाम हुई इस घटना में व्यक्ति गंभीर रूप से झुलस गया। उसे प्राथमिक उपचार के बाद अलवर के जिला अस्पताल रेफर किया गया है, जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। बुरी तरह झुलसा युवक चोपानकी औद्योगिक क्षेत्र स्थित एक कंपनी के बाहर रात करीब 8 बजे हुई इस घटना में व्यक्ति के कपड़े पूरी तरह जल गए और शरीर से चमड़ी उतर गई। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत 108 एम्बुलेंस सेवा को सूचना दी। भिवाड़ी से पहुंची 108 एम्बुलेंस ने घायल व्यक्ति को तत्काल टपूकड़ा अस्पताल पहुंचाया। वहां डॉक्टरों ने उसकी गंभीर हालत को देखते हुए उसे जिला अस्पताल, अलवर रेफर कर दिया। आग लगाने के कारणों का खुलासा नहीं घायल व्यक्ति की पहचान उत्तर प्रदेश निवासी ज्ञान मिश्रा (30), पुत्र राधेश्याम मिश्रा के रूप में हुई है। उसने कंपनी के बाहर ही यह कदम उठाया। आत्मदाह के पीछे का कारण अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाया है। घटना के बाद से कोई परिजन या परिचित अस्पताल नहीं पहुंचा है। स्थानीय लोगों ने चोपनकी थाने की पुलिस को घटना की सूचना दी। हालांकि, थानाधिकारी राकेश मीणा से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने कॉल रिसीव नहीं किया। पुलिस की ओर से इस मामले में अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। … यह भी पढ़े कार में पेट्रोल डालकर युवक ने खुद को लगाई आग,VIDEO:लिव इन पार्टनर से झगड़ा हुआ था; उसी के घर के सामने आत्मदाह किया श्रीगंगानगर में एक युवक ने कार में पेट्रोल डालकर खुद को आग लगा ली। धमाके की आवाज सुनकर जब लोग बाहर निकले तो युवक अंदर जल रहा था। लोगों ने जब तक आग बुझाई, युवक की मौत हो चुकी थी। (पढ़ें पूरी खबर)
रायपुर में 22 मार्च 2026 को राष्ट्रव्यापी उल्लास भारत साक्षरता कार्यक्रम के तहत बुनियादी साक्षरता और संख्यात्मक ज्ञान मूल्यांकन परीक्षा (FLNAT) आयोजित की जाएगी। यह परीक्षा राज्य साक्षरता मिशन प्राधिकरण के निर्देश पर जिला कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के मार्गदर्शन में कराई जाएगी, जिसका उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों को साक्षरता से जोड़ना है। परीक्षा की तैयारियों को लेकर जिला शिक्षा अधिकारी एवं सदस्य सचिव हिमांशु भारतीय की अध्यक्षता में चारों विकासखंडों के नोडल अधिकारियों की बैठक आयोजित की गई। बैठक में परीक्षा केंद्रों की व्यवस्था, प्रबंधन और परीक्षार्थियों की अधिकतम उपस्थिति सुनिश्चित करने को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि परीक्षा के सफल आयोजन के लिए हर स्तर पर तैयारी पूरी की जाए। साथ ही ज्यादा से ज्यादा लोगों को परीक्षा में शामिल करने के लिए नवाचार पर जोर दिया गया है। इसके तहत नुक्कड़ नाटक, आमंत्रण पत्र, मुनादी, रैली और हल्दी-चावल जैसे पारंपरिक तरीकों से लोगों को जागरूक किया जाएगा। बैठक में जिला मिशन समन्वयक अरुण कुमार शर्मा सहित कई अधिकारी मौजूद रहे। सभी नोडल अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में समन्वय बनाकर तय समय में तैयारियां पूरी करने और परीक्षा को सफल और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के निर्देश दिए गए हैं।
मुजफ्फरपुर में बागेश्वर धाम के प्रसिद्ध पीठाधीश्वर धीरेंद्र शास्त्री (बाबा बागेश्वर) का आगमन होगा। मुशहरी प्रखंड के रोहुआ गांव में 22 अप्रैल को एक भव्य धार्मिक आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर जगद्गुरु रामभद्राचार्य के सानिध्य में उनके शिष्य दीनानाथ दास का पट्टाभिषेक संपन्न होगा। कार्यक्रम में धीरेन्द्र शास्त्री (बागेश्वर बाबा) और अयोध्या के हनुमान गढ़ी के महंत राजू दास भी शामिल होंगे। इसके साथ ही प्रमोद कृष्णम के भी कार्यक्रम में भाग लेने की संभावना है। आयोजन को लेकर व्यापक तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। जगद्गुरु रामभद्राचार्य के शिष्य आलोक कुमार राजा ने बताया कि इस अवसर पर सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया जाएगा। बागेश्वर बाबा का यह मुजफ्फरपुर का दूसरा दौरा होगा, जिसे लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह है। संत समागम का भी आयोजन किया जाएगा कार्यक्रम के दौरान संत समागम का भी आयोजन किया जाएगा, जिसमें देशभर के कई प्रमुख संतों और धर्मगुरुओं के शामिल होने की संभावना है। आयोजन समिति की ओर से संतों के स्वागत एवं उनके प्रवास की व्यापक व्यवस्था की जा रही है। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के जुटने की उम्मीद है, जिसके मद्देनजर प्रशासनिक तैयारियां भी तेज कर दी गई हैं। धार्मिक आयोजन का मुख्य आकर्षण दीनानाथ दास का पट्टाभिषेक समारोह होगा। इसके बाद संतों का आशीर्वचन और श्रद्धालुओं के लिए धार्मिक प्रवचन का कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। चार्टर विमान से पटना या दरभंगा पहुंच सकते आलोक कुमार ने बताया कि आचार्य धीरेन्द्र शास्त्री चार्टर विमान से पटना या दरभंगा पहुंच सकते हैं, जहां से वे सड़क मार्ग से मुजफ्फरपुर आएंगे। वहीं, जगद्गुरु रामभद्राचार्य सीतामढ़ी से सीधे रोहुआ पहुंचेंगे। आयोजन को लेकर आसपास के क्षेत्रों में धार्मिक माहौल बनने लगा है। आयोजकों का दावा है कि यह संत समागम क्षेत्र के लिए ऐतिहासिक साबित होगा। बता दें कि पिछले साल बागेश्वर धाम सरकार के रूप में प्रसिद्ध धीरेन्द्र शास्त्री जब पहली बार मुजफ्फरपुर आए थे, तब उन्होंने मिठनपुरा स्थित दीनानाथ दास के आवास पर रात्रि विश्राम कर भोजन किया था।
अश्लील गीतों पर हरियाणा महिला आयोग सख्त, 'सरके चुनर तेरी सरके' पर उठाए सवाल
हरियाणा राज्य महिला आयोग ने मनोरंजन जगत में बढ़ती अश्लीलता और आपत्तिजनक सामग्री को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। मशहूर गायक बादशाह के 'ततीरी' गाने पर संज्ञान लेने के बाद आयोग ने मंगलवार को बॉलीवुड के एक और गीत 'सरके चुनर तेरी सरके' को लेकर आपत्ति जताई है
शेखपुरा में युवती ने खुद को कमरे में बंद किया:प्रेमी से मिलने की जिद पर अड़ी, मां ने पुलिस को बुलाया
शेखपुरा नगर के मेहुंस मोड़ के पास मंगलवार को उस समय हड़कंप मच गया जब एक 18 वर्षीय छात्रा ने खुद को मामा के घर के कमरे में बंद कर लिया। वह अपने प्रेमी से मिलने की जिद पर अड़ी थी। परिजनों के काफी समझाने के बावजूद भी युवती बाहर नहीं निकली, तो उसकी मां ने किसी अनहोनी की आशंका से डायल 112 पर पुलिस को सूचना दी। पुलिसकर्मियों ने मशक्कत के बाद युवती को बाहर निकाला सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची। महिला पुलिसकर्मियों की मदद से काफी मशक्कत के बाद युवती को कमरे से सुरक्षित बाहर निकाला गया। युवती को बाहर निकालने के बाद महिला थाने ले जाया गया। महिला थानाध्यक्ष अनामिका कुमारी ने उसे समझा-बुझाकर उसकी मां के साथ घर भेज दिया। प्रेमी से मिलने के लिए अक्सर भागकर शेखपुरा आती महिला थानाध्यक्ष अनामिका कुमारी ने बताया कि युवती सदर प्रखंड के कोसुंभा थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली है, जबकि उसके मामा का घर शेखपुरा में है। युवती पिछले एक साल से प्रेमी से मिलने के लिए अक्सर गांव से भागकर शेखपुरा आ जाती है। मंगलवार को भी उसकी मां उसे वापस घर ले जाने आई थी। लेकिन युवती ने मां के साथ जाने से इनकार कर दिया और खुद को मामा के घर के कमरे में बंद कर लिया। परिवार वालों को युवती द्वारा कोई गलत कदम उठाने की आशंका सताने लगी थी, जिसके बाद उन्होंने पुलिस की मदद ली।
भारत-रूस की यूएन पर अहम बैठक, शांति स्थापना और यूएनएससी सुधार पर हुई चर्चा
भारत और रूस ने मंगलवार को नई दिल्ली में संयुक्त राष्ट्र पर 7वीं परामर्श बैठक की। इस बैठक में आतंकवाद-रोधी प्रयास, शांति स्थापना और संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (यूएनएससी) से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हुई।
रायपुर में श्री चित्रगुप्त जयंती आयोजन समिति की तरफ से इस साल भी चित्रांशोत्सव 3 मई को धूमधाम से मनाया जाएगा। समिति के संयोजक संजय श्रीवास्तव ने बताया कि, आयोजन की शुरुआत 23 अप्रैल को श्री चित्रगुप्त प्राकट्योत्सव के साथ होगी। इस दिन मंदिरों और घरों में भगवान चित्रगुप्त का पूजन किया जाएगा, वहीं युवाओं की तरफ से बाइक रैली भी निकाली जाएगी। मुख्य कार्यक्रम 3 मई को आयोजित होगा, जिसमें रायपुर शहर के विभिन्न मार्गों से भव्य शोभायात्रा निकाली जाएगी। इसके साथ ही बच्चों के सांस्कृतिक कार्यक्रम, म्यूजिकल प्रस्तुतियां, पत्रिका विमोचन और प्रतिभावान लोगों का सम्मान समारोह आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम के अंत में रात्रिभोज की भी व्यवस्था रहेगी। आयोजन की तैयारियों को लेकर रविवार को संयोजक संजय श्रीवास्तव के निवास पर बैठक आयोजित की गई, जिसमें कार्यक्रम की रूपरेखा को अंतिम रूप दिया गया। बैठक में बड़ी संख्या में समाज के लोग उपस्थित रहे और सभी ने आयोजन को सफल बनाने के लिए अपने-अपने सुझाव और जिम्मेदारियां साझा कीं। बैठक में प्रमुख रूप से राजेन्द्र श्रीवास्तव, रंजना श्रीवास्तव, राजेश श्रीवास्तव प्रदीप वर्मा, राजेन्द्र श्रीवास्तव, डॉ. अमित श्रीवास्तव, नितीन श्रीवास्तव, आशीष श्रीवास्तव, श्रीमति श्वेता श्रीवास्तव, मंगला श्रीवास्तव, विनिता सक्सेना, विनिता श्रीवास्तव, रबिन्द्र वर्मा, नितीत खरे, अजय श्रीवास्तव, डॉ. सीमा श्रीवास्तव, कनक वर्मा, सुष्मा श्रीवास्तव, मनीष श्रीवास्तव, अनुषा श्रीवास्तव, दीपेन्द्र श्रीवास्तव, चित्रांशजन उपस्थित थे।
राजधानी रायपुर के पचपेड़ी नाका स्थित रामकृष्ण अस्पताल परिसर में मंगलवार रात बड़ा हादसा हो गया। अस्पताल के पीछे बने सीवरेज टैंक (गटर) की सफाई करने उतरे 3 सफाईकर्मियों की दम घुटने से मौत हो गई। वहीं, 1 की हालत गंभीर बनी हुई है। घटना टिकरापारा थाना क्षेत्र का है। बताया जा रहा है कि, टैंक के अंदर मौजूद जहरीली गैस के संपर्क में आने से तीनों बेहोश हो गए थे और देखते ही देखते उनकी जान चली गई। मृतकों का नाम अनमोल मांझी, गोविंद सेंद्रे और पेर्रा कुमार है। घटना के बाद अस्पताल के बाहर परिजनों ने हंगामा किया। शव नहीं मिलने पर ग्रामीणों ने पत्थर फेंककर नाराजगी जताई। वहीं, अस्पताल प्रबंधन ने 2 मौत की पुष्टि की है। घटना स्थल से जुड़ी कुछ तस्वीरें देखिए… अस्पताल के अंदर जाने से रोका गया रामकृष्ण हॉस्पिटल में गटर हादसे के बाद हालात बेहद तनावपूर्ण हो गए। अस्पताल के बाहर मृतकों के परिजन बिलखते नजर आए। गोविंद सेंद्रे के भाई ने रोते हुए कहा— “मेरा भाई मुझे लौटा दो”। परिजनों को अस्पताल के अंदर जाने से रोक दिया गया, जिससे आक्रोश बढ़ गया और पुलिस व परिजनों के बीच झूमाझटकी भी हुई। अस्पताल के बाहर भारी भीड़ जमा रही और सुरक्षा के लिए पुलिस बल तैनात करना पड़ा। बिना सुरक्षा के काम करवाने का आरोप परिजनों ने आरोप लगाया है कि बिना किसी सुरक्षा इंतजाम के उन्हें गटर में उतारा गया। जहरीली गैस के रिसाव की आशंका के बावजूद पर्याप्त सावधानी नहीं बरती गई। घटना के बाद अस्पताल प्रबंधन ने अंदर किसी को भी प्रवेश नहीं करने दिया। इस दौरान परिजनों ने प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस हादसे में अनमोल माझी (25), गोविंद सेंद्रे (35) और सत्यम कुमार (22) की मौत हो गई। घटना स्थल के पास एंबुलेंस खड़ी मिली, जिस पर आरोप है कि उसे मीडिया से बचने के लिए वहां लगाया गया था। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है और हादसे के कारणों के साथ-साथ लापरवाही के आरोपों की भी पड़ताल की जा रही है। रात 8 बजे के बाद हुआ हादसा जानकारी के मुताबिक, हादसा रात करीब 8 बजे के बाद हुआ। अस्पताल प्रबंधन ने सीवरेज टैंक की सफाई के लिए स्वीपर बुलाए थे। सफाई के दौरान जैसे ही पहला कर्मचारी नीचे उतरा, वह जहरीली गैस की वजह से बेहोश होकर गिर पड़ा। उसे बचाने के लिए एक-एक कर 3 साथी भी नीचे उतरे, लेकिन वे भी गैस का शिकार हो गए। अस्पताल प्रबंधन ने 2 मौत की पुष्टि की रामकृष्णा केयर हॉस्पिटल प्रबंधन ने 2 मौत की पुष्टि की है। अधिकारिक बयान में प्रबंधन ने कहा कि हमारे संस्थान में एक दुर्भाग्यपूर्ण घटना घटी, जिसमें सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट में आवश्यक रखरखाव कार्य कर रहे तीन श्रमिक शामिल थे। ये श्रमिक एक बाहरी कॉन्ट्रैक्ट एजेंसी के माध्यम से तैनात थे और नियमित कार्य के तहत STP क्षेत्र में प्रवेश किए थे, जहां कार्य के दौरान वे एक गंभीर आपात स्थिति का सामना कर बैठे। इनमें से 2 श्रमिकों का निधन हो गया है। घटना से जुड़े अपडेट के लिए नीचे लाइव ब्लॉग देखें…
अरवल में ईंधन-गैस की पर्याप्त स्टॉक:प्रशासन ने नियंत्रण कक्ष बनाया, कालाबाजारी पर जांच शुरू
अरवल जिले में आमजनों को तेल, एलपीजी गैस, पेट्रोल और डीजल की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है। जिला पदाधिकारी अमृषा बैंस के निर्देश पर समाहरणालय में जिला नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है, जो 24 घंटे सातों दिन आमजनों की शिकायतों और समस्याओं का त्वरित समाधान करेगा। संपर्क और शिकायत समाधानजनता किसी भी आपूर्ति समस्या, शिकायत या सूचना के लिए दूरभाष नंबर 06337-228984, 06337-229494 और टोल फ्री 1800-345-1618 पर संपर्क कर सकती है। अनुमंडल पदाधिकारी संजीव कुमार ने कहा कि जिले में एलपीजी सिलेंडरों की पर्याप्त उपलब्धता है और उपभोक्ताओं तक नियमित आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है। सघन जांच और निगरानी अभियानसुपरवाइजरी अधिकारी संजीव कुमार और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी कृति कमल के नेतृत्व में सभी गैस एजेंसियों और ईंधन प्रतिष्ठानों पर सघन जांच अभियान चलाया जा रहा है। विभिन्न संवेदनशील स्थलों पर दंडाधिकारी और पुलिस पदाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति भी की गई है। कालाबाजारी पर सख्त कार्रवाईप्रशासन ने स्पष्ट किया कि कालाबाजारी, अव्यवस्था या अनावश्यक भीड़ की स्थिति उत्पन्न नहीं होने दी जाएगी। किसी भी违规 गतिविधि में लिप्त पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी, ताकि आम जनता को आवश्यक सेवाएं निर्बाध रूप से मिलती रहें।
सदर अस्पताल के गार्ड की सड़क दुर्घटना में मौत:ड्यूटी से घर लौटते समय एनएच-31 पर हादसा, एक घायल
खगड़िया के मुफस्सिल थाना क्षेत्र में मंगलवार को एनएच-31 पर हुई एक सड़क दुर्घटना में सदर अस्पताल के एक गार्ड की मौत हो गई। इस हादसे में एक अन्य युवक गंभीर रूप से घायल हो गया है। मृतक की पहचान मुफस्सिल थाना क्षेत्र के संसारपुर निवासी रामचंद्र साह के पुत्र सनोज कुमार (28 वर्ष) के रूप में हुई है। वहीं, मानसी थाना क्षेत्र के चाकू सैनी गांव निवासी अभिषेक कुमार घायल हुए हैं। साइकिल से लौट समय तेज रफ्तार बाइक ने मारी टक्कर जानकारी के अनुसार, सनोज कुमार खगड़िया सदर अस्पताल के डीपीएम कार्यालय में प्राइवेट गार्ड के तौर पर कार्यरत थे। मंगलवार शाम को वह ड्यूटी समाप्त कर साइकिल से अपने घर संसारपुर लौट रहे थे। इसी दौरान मुफस्सिल थाना के समीप एनएच-31 पर सामने से आ रही एक तेज रफ्तार मोटरसाइकिल ने उनकी साइकिल में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने दोनों घायलों को सदर अस्पताल पहुंचाया घटना के बाद स्थानीय लोगों और मुफस्सिल थाना पुलिस की मदद से दोनों घायलों को तत्काल खगड़िया सदर अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद सनोज कुमार की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर कर दिया। परिजन सनोज को इलाज के लिए पटना ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में बेगूसराय के पास उनकी हालत बिगड़ गई और उनकी मौत हो गई। दूसरे घायल युवक अभिषेक कुमार का इलाज अभी जारी है। बताया गया है कि सनोज कुमार अपने परिवार के मुख्य कमाने वाले सदस्य थे। उनकी असामयिक मृत्यु से परिवार पर गहरा प्रभाव पड़ा है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। सदर अस्पताल के सिविल सर्जन, डीएस सहित अस्पताल प्रबंधन और स्वास्थ्यकर्मियों ने घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है। वहीं अस्पताल के गार्ड जवाहर कुमार, बिट्टू कुमार, रविंद्र कुमार, मुकेश कुमार, भोगेंद्र कुमार और टोनी कुमार समेत अन्य कर्मचारियों ने भी सनोज कुमार के निधन पर दुख जताया है। थानाध्यक्ष बोले- बाइक जब्त कर कार्रवाई जारीमुफस्सिल थाना के प्रभारी थानाध्यक्ष गौतम कुमार ने बताया कि बाइक को जब्त कर लिया गया है शव को पोर्स्टमार्टम हुतु खगड़िया सदर अस्पताल भेज दिया गया है आगे की कार्यवाही की जा रही है
नकोदर में स्त्री जागृति मंच और पंजाब स्टूडेंट्स यूनियन के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने जिला मजिस्ट्रेट और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) जालंधर ग्रामीण को मांग पत्र सौंपा। इसमें नूरमहल ब्लॉक के गांव पबवा में खोले गए शराब के ठेके को हटाने की मांग की गई। मंच की प्रदेश प्रेस सचिव जसवीर कौर जस्सी, जिला नेता कुलवंत कौर पबवान (पूर्व सरपंच) और पंजाब स्टूडेंट्स यूनियन की रमनदीप कौर ने जिला प्रशासन को चेतावनी दी कि अगर ठेका नहीं हटाया गया तो वह संघर्ष करेंगे। उन्होंने कहा कि यदि गांव की सीमा से शराब का ठेका नहीं हटाया गया तो दोनों संगठन प्रदर्शन के लिए मजूबर होगा। महिलाओं को रहता है सुरक्षा को लेकर खतरासंयुक्त प्रतिनिधिमंडल ने ज्ञापन में बताया कि जालंधर जिले के नूरमहल ब्लॉक के गांव पबवा की बस्ती के अंदर शराब का ठेका होने के कारण ग्रामीणों को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। काम के लिए घरों से बाहर निकलने वाली महिलाओं और लड़कियों को शराब पीने वालों से छेड़छाड़ का खतरा रहता है। शराब पीने वाले लोग गाली-गलौज और झगड़ा करते हैं, तथा महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार करते हैं। इससे गांव के शांतिपूर्ण माहौल के बिगड़ने का खतरा हमेशा बना रहता है। इसके अलावा, शराब का ठेका एक पार्क और सरकारी स्कूल के पास स्थित होने के कारण आसपास घूमने वाले लोगों और स्कूली बच्चों पर भी नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है।पंचायत ने भी ठेका हटाने का प्रस्ताव पारित कियागांव पंचायत पबवा द्वारा शराब का ठेका हटाने के लिए एक पंचायत प्रस्ताव भी पारित किया गया था। जनहित को ध्यान में रखते हुए बार-बार पंचायत प्रस्ताव पारित करने और मांग पत्र सौंपने के बावजूद, गांव से शराब का ठेका नहीं हटाया गया है। प्रतिनिधिमंडल ने भगवंत मान सरकार के नशों के खिलाफ जंग के दावे पर भी सवाल उठाया, क्योंकि उनके शासन में नशीले पदार्थों का कारोबार फल-फूल रहा है।
झांसी के रक्सा थाना क्षेत्र के सिमराहा गांव में मंगलवार को एक दर्दनाक हादसे में 22 वर्षीय युवक की करंट लगने से मौत हो गई। युवक खेत पर फसल में पानी लगाने गया था, इसी दौरान बिजली का तार टूटकर उसकी छाती पर गिर गया। उसकी अगले महीने शादी होने वाली थी। जानकारी के अनुसार, सिमराहा गांव निवासी कृष्णा कुशवाहा (22) पुत्र प्रीतम कुशवाहा अपने खेत में लगी गेहूं की फसल में पानी लगाने के लिए गया था। खेत में पानी के पम्प को चलाने के लिए लकड़ी के पोल पर बिजली का तार बांधा गया था। बताया जा रहा है कि कृष्णा गीली मिट्टी में खड़ा होकर सिंचाई कर रहा था, तभी अचानक हवा चलने से बिजली का तार टूट गया और सीधे उसकी छाती पर आ गिरा। करंट लगते ही कृष्णा ने खुद को बचाने की कोशिश में तार को हाथों से हटाने की कोशिश की। लेकिन करंट की चपेट में आने से उसके हाथ झुलस गए और तार उसकी छाती से चिपक गया। तेज करंट लगने के कारण वह मौके पर ही खेत में गिर पड़ा। मृतक के छोटे भाई जतिन ने बताया कि कृष्णा से मिलने उसका एक दोस्त खेत पर पहुंचा था। जहां उसने उसे अचेत अवस्था में पड़ा देखा। इसके बाद परिजनों को सूचना दी गई। परिवार के लोग आनन-फानन में उसे मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच की जा रही है। अगले महीने थी शादीगांव के ही रहने वाले आशीष यादव ने बताया कि कृष्णा की शादी आगामी 25 अप्रैल को तय थी। घर में शादी की तैयारियां चल रही थीं, लेकिन अचानक हुए इस हादसे ने खुशियों को मातम में बदल दिया। घटना के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे गांव में शोक का माहौल है।
सिरसा में एक बुजुर्ग ने अपनी पत्नी की सिर पर फावड़ा मारकर हत्या कर दी। बुजुर्ग दंपती घर पर अकेले थे और घरेलू कलह के चलते घटना को अंजाम दे दिया। हत्या के बाद बुजुर्ग घर से फरार हो गया। आसपास के लोगों ने बुजुर्ग महिला के शव को देखा तो डायल 112 पर सूचना दी। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का जायजा लिया। अभी पुलिस बुजुर्ग की तलाश में जुटी है और उसका कोई सुराग नहीं लग पाया है। उनका बेटा और पुत्रवधू दवा लेने के लिए पंजाब में गए हुए थे। कुछ देर बाद सूचना पाकर बुजुर्ग का बेटा भी घर पर पहुंचा और शव खून से लथपथ देखा। अभी पुलिस मृतका के परिजनों के बयान दर्ज करने में जुटी है। बुधवार सुबह महिला के शव का पोस्टमार्टम होगा। घरेलू कलह को लेकर हुआ विवाद ऐलनाबाद थाना प्रभारी प्रगट सिंह के अनुसार, यह घटना ऐलनाबाद के दया सिंह थेहड़ एरिया की है। आज मंगलवार को बुजुर्ग दंपती घर पर थे। मृतका की पहचान 65 वर्षीय जसबीर कौर के रूप में हुई है। दोनों के बीच अक्सर घरेलू कलह रहती थी और काम व देखभाल को लेकर झगड़ा रहता था। आज अलसुबह बेटा अपनी पत्नी के साथ दवा लेने के लिए पंजाब में गया हुआ था। पीछे से बुजुर्ग ने हत्या की घटना को अंजाम दे दिया।
जोधपुर में रेस्टोरेंट की आड़ में चल रहे जुआघर का कमिश्नरेट के जिला वेस्ट की डीएसटी टीम ने भंडाफोड़ किया है। डीएसटी टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी कर मौके से 10 लोगों को पकड़ा है, वहीं करीब 2 लाख रुपए से ज्यादा की नकदी भी बरामद की गई। कार्रवाई के बाद इलाके में हड़कंप मच गया और पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। डीएसटी टीम को सूचना मिली थी कि एम्स अस्पताल के सामने गुब्बा खाईवाला के एक ठिकाने पर जुआ खेला जा रहा है। इसके बाद डीएसटी टीम ने एम्स अस्पताल के गेट नंबर 3 के सामने वाली गली में एक मकान पर छापा मारा। यहां 10 लोग खाई वाली करते मिले ,जिस पर पुलिस ने उनको गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 2 लाख10 हजार 650 रुपए बरामद किए। रेस्टोरेंट की आड़ में चल रहा था जुआ डीएसटी टीम जब वहां छापा मारने पहुंची तो देखा मकान के बाहर वेज एंड नॉन वेज रेस्टोरेंट का बोर्ड लगा हुआ था और गेट पर एक व्यक्ति बैठा था। गेट पर बैठे व्यक्ति ने टीम को देखकर अंदर से गेट बंद करने की कोशिश की। लेकिन तभी डीएसटी टीम ने गेट खोलकर अंदर घुसी और आरोपियों को पकड़ा। गौरतलब है कि डीसीपी वेस्ट डीसीपी कमल शेखावत ने पद संभालने के बाद जुए के अड्डों, अवैध हुक्का बार और अवैध स्पा सेंटर को रोकने के लिए कार्रवाई करने की बात कही थी। इनको किया गिरफ्तार 1. डूंगरसिंह (38) पुत्र छगन सिंह निवासी भोमियाजी कॉलोनी सांगरिया जोधपुर ।2. विजेश पुत्र (40) सुबेराज निवासी गाँव अलेपुर जिला फर्रुखाबाद उत्तर प्रदेश ।3. मयूर ठाकुर (25) पुत्र चंद्रकांत निवासी मधुबन कोठी जोधपुर ।4. राजुराम (55) पुत्र पोकरराम गाँव डाबड़ा नागौर।5. चंद्र प्रकाश (37) पुत्र अनूपकुमार हाईकोर्ट कॉलोनी रातानाडा जोधपुर।6. बालकिशन (35) पुत्र पुखराज रूपनगर प्रथम पाल रोड जोधपुर। 7. धन्नाराम (57)पुत्र भंवरलाल बापूनगर झालामंड पुलिस थाना कुड़ी जोधपुर। 8. राकेश (18) पुत्र नरपत निवासी नाकोड़ा कालेज के पास मधुबन जोधपुर।9. रामसिंह (45) पुत्र धनसिंह निवासी भोमियाजी कॉलोनी सांगरिया बासनी जोधपुर।10. इंदु खान (40)पुत्र सलगु शेख निवासी काली टंकी के पास संजय सी कॉलोनी जोधपुर।
टोंक की जिला स्पेशल टीम ने एक बार फिर नशे के विरुद्ध बड़ी कार्रवाई की है। जिला स्पेशल टीम ने दूनी थाना क्षेत्र में एक आरोपी को गिरफ्तार कर उसके पास से प्लास्टिक की थैली में रखी करीब आठ लाख रुपए की 37 ग्राम स्मैक जब्त की हैं। साथ ही उसकी जेब से 500 रुपए और मोबाइल भी जब्त किया है। पुलिस के अनुसार- आरोपी मध्यप्रदेश का रहने वाला है। वह झालावाड़ से स्मैक लेकर दूनी कस्बे में इसकी सप्लाई करने आ रहा था। पुलिस को सूचना मिलने पर युवक को आवां रोड से पकड़ा गया। जिला स्पेशल टीम ने इसे दूनी थाने के सुपुर्द कर दिया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। साथ ही पूछताछ जारी है, जिससे नेटवर्क और आरोपी के साथियों को भी पकडा जा सके। जिला स्पेशल टीम के प्रभारी ओमप्रकाश चौधरी ने बताया कि आज दूनी से आवां रोड पर झालावाड़ से दूनी लाई गई अवैध मादक पदार्थ स्मैक की सप्लाई को DST द्वारा कार्रवाई करके नाकाम किया है। टोंक DST द्वारा आरोपी चैन सिंह पुत्र मेहताब तंवर निवासी भोजपुर (मध्य प्रदेश) के कब्जे से करीब 8 लाख रुपए की कीमत की 37 ग्राम अवैध मादक पदार्थ स्मैक जब्त की गई। पुलिस थाना दूनी ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
ग्वालियर में एक नवविवाहिता महिला ने अपने पति पर धोखे, मारपीट और तीन शादियां करने का आरोप लगाया है। पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर शिकायत कर न्याय की गुहार लगाई है। पीड़िता ने पति द्वारा अश्लील वीडियो-फोटो वायरल करने की धमकी देने का भी जिक्र है। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर मामले में उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। 19 वर्षीय नवविवाहिता ने पुलिस को बताया कि उसने 2025 में अपने माता-पिता की मर्जी के बगैर घर से भागकर अनिकेत वर्मा नामक युवक से प्रेम विवाह किया था। लेकिन शादी के कुछ समय बाद ही अनिकेत ने उसके साथ मारपीट शुरू कर दी। बाद में युवती को पता चला कि अनिकेत पहले से शादीशुदा था और उसने यह बात उससे छुपाकर धोखे से शादी की थी। शिकायत के अनुसार, अनिकेत ने युवती को अपने प्रेम जाल में फंसाया और फिर इंदौर भागकर आर्य समाज मंदिर में उससे शादी कर ली। हालांकि, युवती के बार-बार कहने के बावजूद अनिकेत ने अपनी शादी का कोर्ट में रजिस्ट्रेशन नहीं करवाया। युवती ने बताया कि अनिकेत का अब जाकर अपनी पहली पत्नी से तलाक हुआ है। इसके बाद वह दिल्ली चला गया और वहां एक अन्य लड़की से आर्य समाज मंदिर में तीसरी शादी कर ली है, जिसके साथ वह अब रह रहा है। पीड़िता वर्तमान में अपने माता-पिता के साथ रह रही है और अनिकेत की इस तीसरी शादी का विरोध कर रही है। इससे नाराज अनिकेत अब उसे धमका रहा है और उसके अश्लील फोटो व वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी दे रहा है। परेशान युवती ने अनिकेत से तलाक की मांग की है। पुलिस ने युवती को वैधानिक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।
रायपुर नगर निगम का बजट 30 मार्च 2026 को पेश किया जाएगा, सामान्य सभा की सुबह 11 बजे की बैटक के दौरान बजट पेश किया जाएगा। नगर निगम सभापति सूर्यकांत राठौड़ के निर्देश पर बैठक महात्मा गांधी सदन स्थित निगम मुख्यालय के चौथे तल पर होगी। बैठक की शुरुआत पिछली सामान्य सभा की कार्यवाही की पुष्टि से होगी। इसके बाद नियमानुसार 1 घंटे का प्रश्नकाल रखा गया है, जिसमें पार्षद विभिन्न मुद्दे उठा सकेंगे। महापौर पेश करेंगी बजट बैठक में महापौर मीनल चौबे वित्तीय वर्ष 2026-27 का वार्षिक बजट प्रस्तुत करेंगी। इस दौरान महापौर का बजट पर अभिभाषण भी होगा, जिसमें शहर के विकास कार्यों और योजनाओं की रूपरेखा सामने रखी जाएगी। 17 एजेंडों पर होगी चर्चा सामान्य सभा में कुल 17 एजेंडों पर चर्चा और विचार-विमर्श किया जाएगा। इनमें नगर विकास कार्य, नामकरण सहित अन्य प्रस्ताव शामिल हैं। बैठक में मेयर इन काउंसिल (MIC) के संकल्प के अनुसार एजेंडावार चर्चा कर निर्णय लिए जाएंगे।
दरभंगा कलेक्ट्रेट स्थित बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर सभागार में जनगणना 2027 को लेकर तीन दिवसीय जिला स्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ जिलाधिकारी कौशल कुमार की अध्यक्षता में किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन दीप प्रज्ज्वलित कर हुआ। जिलाधिकारी ने बताया कि जनगणना 2027 स्वतंत्र भारत की 8वीं जनगणना होगी, जो कोविड-19 के कारण इस बार 15 साल के अंतराल पर कराई जा रही है। उन्होंने जानकारी दी कि जनगणना दो चरणों में होगी—पहला चरण 2 मई से 31 मई 2026 तक मकान सूचीकरण और दूसरा चरण 2 फरवरी से 28 फरवरी 2027 तक जनसंख्या की गणना का होगा। उन्होंने कहा कि जिले में 29 चार्ज बनाए गए हैं, जिनमें 18 ग्रामीण और 11 शहरी क्षेत्र शामिल हैं। यह प्रशिक्षण 17 से 19 मार्च तक दो स्थानों पर दो बैचों में आयोजित किया जा रहा है। डीएम ने खास तौर पर बताया कि इस बार जनगणना पूरी तरह डिजिटल माध्यम से होगी, जिसमें मोबाइल एप और CMMS पोर्टल का उपयोग किया जाएगा। साथ ही पहली बार 17 अप्रैल से 1 मई 2026 तक आम नागरिकों को सेल्फ एन्यूमरेशन (स्व-गणना) की सुविधा भी दी गई है। निदेशक, जनगणना कार्य सह मुख्य प्रधान जनगणना अधिकारी एम. रामचंद्रुडु ने प्रशिक्षण सत्र का निरीक्षण करते हुए इसकी गुणवत्ता पर संतोष जताया और कहा कि जिला स्तर का बेहतर प्रशिक्षण ही फील्ड स्तर पर गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करेगा। अग्नि सुरक्षा जागरूकता रथों को डीएम ने किया रवाना जिलाधिकारी कौशल कुमार ने समाहरणालय परिसर से अग्नि सुरक्षा जागरूकता रथों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह अभियान 17 मार्च से 26 मार्च 2026 तक चलाया जाएगा। डीएम ने कहा कि अगलगी की घटनाओं से बचाव के लिए लोगों को पहले से जागरूक और प्रशिक्षित होना जरूरी है। दो एलईडी वैन के माध्यम से जिले के सभी 18 अंचलों में अग्नि सुरक्षा से जुड़े वीडियो दिखाए जाएंगे। हर रथ के साथ एक “आपदा मित्र” और अग्निशमन टीम तैनात की गई है, जो मॉक ड्रिल के जरिए लोगों को आग से बचाव के तरीके बताएंगे। इस दौरान समाहरणालय परिसर में भी मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। बिहार दिवस 2026 को लेकर बैठक, भव्य आयोजन की तैयारी बिहार दिवस 2026 के आयोजन को लेकर जिलाधिकारी की अध्यक्षता में बैठक भी हुई। बैठक में कार्यक्रम की रूपरेखा, जिम्मेदारियों और तैयारियों की समीक्षा की गई।डीएम ने निर्देश दिया कि 22 मार्च को सभी स्कूलों में सुबह 8:30 बजे प्रभात फेरी निकाली जाए, जिससे बिहार की सांस्कृतिक विरासत और एकता का संदेश जन-जन तक पहुंचे।उन्होंने नगर निगम को शहर के चौक-चौराहों और सड़कों की साफ-सफाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। साथ ही पर्यावरण संरक्षण के तहत वृक्षारोपण कार्यक्रम भी आयोजित करने का निर्णय लिया गया। बिहार दिवस पर मुख्य सांस्कृतिक कार्यक्रम 22 मार्च को लहेरियासराय स्थित प्रेक्षागृह सह आर्ट गैलरी में आयोजित होगा। कार्यक्रम के सफल संचालन और सुरक्षा व्यवस्था के लिए दंडाधिकारी और पुलिस बल की तैनाती की जाएगी। जिलाधिकारी ने सभी पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि वे आपसी समन्वय के साथ समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण तरीके से सभी तैयारियां पूरी करें। सड़क सुरक्षा पर सख्ती, डीएम ने दिए कड़े निर्देश सड़क सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए जिलाधिकारी कौशल कुमार की अध्यक्षता में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम, यातायात नियमों के पालन और जन-जागरूकता को लेकर विस्तृत समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि सड़क सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वाले चालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने विशेष रूप से बिना हेलमेट, बिना सीट बेल्ट, ओवरलोडिंग और ओवरस्पीडिंग के मामलों में नियमित और सघन जांच अभियान चलाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए उल्लंघन करने वालों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई जरूरी है, ताकि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके।जिलाधिकारी ने जिला परिवहन पदाधिकारी को निर्देश दिया कि शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में विशेष वाहन जांच अभियान लगातार चलाया जाए। साथ ही अधिक से अधिक लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने के लिए अभियान तेज करने को कहा। शहरी क्षेत्र में चलने वाले वाहनों की पहचान को सुव्यवस्थित करने के लिए कलर कोडिंग प्रणाली लागू करने पर भी चर्चा हुई। इसके अलावा सड़क सुरक्षा को लेकर आम लोगों के बीच जागरूकता फैलाने के लिए विभिन्न माध्यमों से प्रचार-प्रसार अभियान चलाने पर बल दिया गया। बैठक में जिला परिवहन पदाधिकारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। सैदनगर, लहेरियासराय में चल रहे एलिवेटेड पथ निर्माण कार्य का जिलाधिकारी कौशल कुमार ने स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति, गुणवत्ता और यातायात व्यवस्था का गहन जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान डीएम ने निर्माण एजेंसी को स्पष्ट निर्देश दिया कि कार्य में तेजी लाई जाए और इसे निर्धारित समय सीमा के भीतर विभागीय मानकों के अनुरूप पूरा किया जाए। उन्होंने गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं करने की सख्त हिदायत दी। जिलाधिकारी ने संबंधित अभियंताओं को नियमित रूप से स्थल निरीक्षण करने और निर्माण कार्य की लगातार निगरानी बनाए रखने का निर्देश दिया, ताकि काम की प्रगति और गुणवत्ता दोनों सुनिश्चित हो सके। उन्होंने कहा कि एलिवेटेड पथ के निर्माण से लहेरियासराय और आसपास के इलाकों में यातायात जाम की समस्या में काफी कमी आएगी और आम लोगों को सुगम आवागमन की बेहतर सुविधा मिलेगी। इस मौके पर निर्माण एजेंसी के प्रतिनिधि, बिहार राज्य पथ निर्माण निगम के अभियंता और अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
सिवनी जिले की बंडोल पुलिस ने मंगलवार शाम एक ट्रक को जब्त कर उसमें क्रूरतापूर्वक भरे गए 27 गौवंश को मुक्त कराया। यह कार्रवाई मुखबिर की सूचना पर गोरखपुर चौराहे के पास घेराबंदी कर अंजाम दी गई। पुलिस को देख जंगल की ओर भागे तस्कर थाना प्रभारी मनोज जंघेला ने बताया कि मंगलवार शाम लगभग 4 बजे मुखबिर से सूचना मिली थी। इसके आधार पर पुलिस ने अशोक लीलैंड ट्रक (CG-08-AV-8312) को रोकने का प्रयास किया। पुलिस टीम को सामने देख ट्रक चालक और उसके साथी वाहन छोड़कर पास के जंगल की ओर भाग निकले। ट्रक की तलाशी लेने पर उसमें 16 गाय और 11 नाटा (बछड़े) रस्सियों से बंधे मिले। एक गाय मृत मिली, पशुओं को भेजा गोशाला तस्करों ने गौवंश को बिना चारा-पानी के ट्रक में ठूंस-ठूंस कर भरा था, जिसके कारण दम घुटने से एक गाय की मौत हो गई। पुलिस ने जीवित बचे सभी पशुओं को तत्काल मुक्त कर सुरक्षित गौशाला पहुंचाया। जब्त किए गए गौवंश की कीमत लगभग 2.5 लाख रुपए और ट्रक की कीमत 7 लाख रुपए आंकी गई है। गौवंश वध प्रतिषेध अधिनियम के तहत मामला दर्ज पुलिस अधीक्षक सुनील कुमार मेहता के निर्देशानुसार अज्ञात आरोपियों के खिलाफ म.प्र. गौवंश वध प्रतिषेध अधिनियम और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। फरार आरोपियों की तलाश के लिए पुलिस ने सघन जांच शुरू कर दी है। कार्रवाई में शामिल टीम इस सफलता में थाना प्रभारी मनोज जंघेला के साथ एएसआई शिवेन्द्र वसूले, राजेन्द्र नागवंशी, प्रधान आरक्षक जयेन्द्र बघेल और आरक्षक इंद्रभान मर्सकोले सहित पूरी टीम की अहम भूमिका रही। उल्लेखनीय है कि पुलिस ने गौवंश तस्करी की सूचना देने वालों के लिए नकद इनाम की घोषणा भी की है।
अनूपपुर जिले में एक महिला ने अपने पति और ससुराल वालों पर धोखाधड़ी और प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाते हुए पुलिस अधीक्षक (SP) से शिकायत की है। महिला का आरोप है कि नेवी में नौकरी का झूठा झांसा देकर उससे लाखों रुपये ऐंठे गए और अब उसे बच्चे समेत घर से निकाल दिया गया है। बिजुरी क्षेत्र की रहने वाली आरती केवट ने बताया कि 7 साल पहले उनकी शादी छत्तीसगढ़ के मनीष केवट से हुई थी। शादी के वक्त मनीष के माता-पिता ने दावा किया था कि उनका बेटा मलेशिया में नेवी में अफसर है। इस झांसे में आकर आरती के पिता ने 5 लाख रुपए दहेज में दिए थे। डेढ़ साल बाद खुला राज शादी के कुछ दिन बाद मनीष मलेशिया चला गया, लेकिन जब वह डेढ़ साल बाद लौटा तो उसकी असलियत सामने आई। आरती के मुताबिक, मनीष नेवी में नहीं था बल्कि वह नशे का आदी था। वह अक्सर आरती के साथ मारपीट और गाली-गलौज करने लगा। बदनामी के डर से आरती लंबे समय तक यह सब सहती रही। दूसरी शादी का दबाव और धमकी आरती का आरोप है कि उसके ससुर (SECL के रिटायर्ड कर्मचारी) अब अपने रसूख के दम पर मनीष की दूसरी शादी कराने की तैयारी कर रहे हैं। इसके लिए वे आरती पर तलाक देने का दबाव बना रहे हैं और उसे घर से निकाल दिया है। महिला ने बताया कि 12 मार्च को बिजुरी थाने में शिकायत के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। एसपी कार्यालय में शिकायत पीड़िता ने मंगलवार को एसपी कार्यालय पहुंचकर अपनी आपबीती सुनाई। शिकायत में नेवी की झूठी नौकरी बताकर दहेज लेना, शारीरिक-मानसिक प्रताड़ना और बिना कानूनी प्रक्रिया के रिश्ता खत्म करने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं। महिला अब पुलिस से दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रही है।
मुरैना शहर के बिहारी जी मंदिर के पास स्थित एक ज्वैलर्स दुकान में तीन महिलाओं द्वारा सोने के पैंडल चोरी करने का मामला सामने आया है। घटना के बाद सराफा बाजार में हंगामा हो गया। सूचना पर पहुंची कोतवाली पुलिस ने तीनों महिलाओं को गिरफ्तार कर लिया। जानकारी के अनुसार अक्सा ज्वेलर्स पर तीन महिलाएं सोने के पैंडल खरीदने पहुंचीं। दुकान कर्मचारी अजरूद्दीन ने जब उन्हें पैंडल दिखाए, तभी महिलाओं ने चालाकी से तीन पैंडल गायब कर अपने पर्स में रख लिए। गिनती में कमी निकली तो खुला मामला महिलाएं बिना खरीदारी किए जाने लगीं, तभी कर्मचारी ने पैंडल की गिनती की तो तीन कम निकले। शक होने पर दुकानदारों ने महिलाओं को रोक लिया और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची महिला पुलिस ने जब तीनों महिलाओं की तलाशी ली तो उनके पास से चोरी किए गए सोने के पैंडल बरामद हो गए। दो आगरा, एक मुरैना की महिलापकड़ी गई महिलाओं में काजल नागर (28) और सीमा नागर (40) निवासी आगरा (उत्तर प्रदेश) तथा मुन्नी देवी (35) निवासी मुरैना शामिल हैं। कोतवाली थाना प्रभारी अमित भदौरिया के अनुसार तीनों महिलाओं के खिलाफ चोरी का मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार किया गया है। फिलहाल उनसे पूछताछ की जा रही है।
दमोह शहर के वन मंडल कार्यालय के सामने मंगलवार शाम को बांसों के झुंड में अचानक आग लग गई। यह स्थान कलेक्टर बंगले के बेहद करीब स्थित है, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और करीब आधे घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह काबू पा लिया। बांसों के घर्षण से भड़की आग गर्मी के मौसम में बांस के पेड़ों के बीच होने वाले घर्षण (रगड़) को आग लगने का मुख्य कारण माना जा रहा है। मंगलवार शाम को भी इसी वजह से अचानक आग भड़क उठी, जिसने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया। गनीमत रही कि आग समय रहते बुझा ली गई, अन्यथा सड़क किनारे बनी झोपड़ियों और रिहायशी इलाके में भारी नुकसान हो सकता था। पहले भी हो चुकी आगजनी की घटनाएं उल्लेखनीय है कि इस क्षेत्र में बांसों के झुंड में आग लगने की घटनाएं पहले भी सामने आती रही हैं। दो साल पहले कलेक्टर बंगले के पास ऐसी ही आग दो दिनों तक सुलगती रही थी, जिसके बाद वहां से बांस कटवाए गए थे। वन मंडल कार्यालय के समीप भी सुरक्षा की दृष्टि से समय-समय पर एहतियात बरतने की जरूरत महसूस की जा रही है। जनहानि नहीं, पर बना रहा टपरों में आग का खतरा इस ताजा घटना में किसी भी प्रकार की जनहानि की सूचना नहीं है। हालांकि, सड़क के ठीक बगल में आग लगने के कारण धुएं का गुबार छा गया और पास बने अस्थाई टपरों (झोपड़ियों) तक लपटें पहुंचने का डर बना रहा। वन विभाग और स्थानीय प्रशासन अब भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए उचित कदम उठाने पर विचार कर रहा है।
24 साल बाद आया कोर्ट का फैसला:नाली विवाद में हत्या के आरोपी को आजीवन कारावास, 10 हजार जुर्माना
बक्सर जिले में 24 साल पुराने हत्या के एक मामले में कोर्ट ने फैसला सुनाया है। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम उदय प्रताप सिंह की अदालत ने आरोपी रामेश्वर राम को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही उस पर 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। अदालत ने स्पष्ट किया कि यदि जुर्माना राशि जमा नहीं की जाती है, तो आरोपी को छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। यह घटना 30 अप्रैल 2002 को बगेन गोला थाना क्षेत्र के भदवर गांव में हुई थी। पानी के बहाव को लेकर दो पक्षों के बीच हो गया था विवाद जानकारी के अनुसार, उस समय नाली के पानी के बहाव को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद हो गया था। यह विवाद मारपीट में बदल गया, जिसमें मेधनाथ राम को बुरी तरह पीटा गया। गंभीर रूप से घायल होने के बाद उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई थी। इस मामले को लेकर मृतक मेधनाथ राम के पक्ष से अयोध्या राम ने बगेन गोला थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। प्राथमिकी में रामेश्वर राम, खखनु राम और सहबीर राम को नामजद अभियुक्त बनाया गया था। पुलिस ने जांच के बाद आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया, जिसके बाद कोर्ट में सुनवाई शुरू हुई। ट्रायल के दौरान नामजद दो अभियुक्तों की मृत्यु हो गई अपर लोक अभियोजक जयराम सिंह ने बताया कि मामले के ट्रायल के दौरान नामजद अभियुक्त खखनु राम और सहबीर राम की मृत्यु हो गई। इसके बाद अदालत में केवल आरोपी रामेश्वर राम के खिलाफ ही सुनवाई जारी रही। कोर्ट में सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से प्रस्तुत साक्ष्यों और गवाहों के बयानों को ध्यानपूर्वक सुना गया। सभी तथ्यों और प्रमाणों के आधार पर अदालत ने रामेश्वर राम को हत्या का दोषी पाया और यह फैसला सुनाया। करीब 24 साल पुराने इस मामले में आए फैसले को लेकर मृतक के परिजनों ने न्याय मिलने की बात कही है। वहीं इस फैसले के बाद क्षेत्र में भी इसकी चर्चा बनी हुई है।
रायपुर के डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय में डॉक्टरों ने एक ऐसा कारनामा किया है, जिसे मेडिकल दुनिया में बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। यहां 11 साल के बच्चे के दिल से चिपके बेहद दुर्लभ स्टेज-3 इनवेसिव थायमिक कैंसर (थायमोमा) को सफलतापूर्वक निकालकर नया विश्व कीर्तिमान बनाया गया है। अब तक मेडिकल जर्नल्स में इस बीमारी का सबसे कम उम्र का मरीज 12 साल का दर्ज था, लेकिन रायपुर में 11 साल के बच्चे का सफल ऑपरेशन कर यह रिकॉर्ड टूट गया है। डॉ. कृष्णकांत साहू डॉक्टरों ने बताया ड्यूल एप्रोच से किया गया। साथ में 3 सैटेलाइट ट्यूमर भी निकाले गए, पूरी सर्जरी करीब 4 घंटे चली और इस दौरान हार्ट-लंग मशीन का बैकअप रखा गया। हार्ट, फेफड़े और बड़ी नसों से चिपका था ट्यूमर ऑपरेशन करने वाली टीम के प्रमुख डॉ. कृष्णकांत साहू के दैनिक भास्कर को बताया कि, यह ट्यूमर सामान्यतः 40 से 60 साल के लोगों में पाया जाता है। बच्चे के शरीर में ट्यूमर दिल (हार्ट), पेरिकार्डियम, महाधमनी (एओर्टा), पल्मोनरी आर्टरी, लेफ्ट एट्रियम फेफड़े से चिपका हुआ था। ऐसे मामलों में ट्यूमर को पूरी तरह निकालना (R-0 रिसेक्शन) लगभग असंभव माना जाता है। ट्यूमर का आकार करीब 128 सेमी और वजन करीब करीब 400 ग्राम था। पहले कई अस्पतालों ने कर दिया था मना चांपा निवासी इस बच्चे को 6 महीने से छाती में दर्द, भारीपन, सांस फूलना जैसी शिकायत थी। जांच में बड़ा ट्यूमर मिलने के बाद कई अस्पतालों ने ऑपरेशन से मना कर दिया था, जिसके बाद उसे रायपुर रेफर किया गया। 6 महीने बाद बच्चा पूरी तरह स्वस्थ, मेडिकल कॉन्फ्रेंस में मिला अवॉर्ड सर्जरी और 25 साइकिल रेडिएशन थेरेपी के बाद अब बच्चा पूरी तरह स्वस्थ है, दोबारा स्कूल जाना शुरू कर चुका है, इस साल कक्षा 6वीं की परीक्षा भी दे चुका है। इस दुर्लभ केस को राष्ट्रीय कैंसर सर्जरी सम्मेलन में प्रस्तुत किया गया, जहां इसे बेस्ट पेपर अवॉर्ड मिला। अब इसे अंतरराष्ट्रीय जर्नल में प्रकाशित करने की तैयारी है। प्रदेश का प्रमुख सर्जरी सेंटर बता दें कि, पं. नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय से संबद्ध यह अस्पताल छत्तीसगढ़ और आसपास के राज्यों में छाती, फेफड़े और मीडियास्टाइनल कैंसर सर्जरी का प्रमुख केंद्र है। प्रदेश की 95% से ज्यादा सर्जरी यहीं होती हैं। इस जटिल ऑपरेशन में सर्जन, एनेस्थेटिस्ट, जूनियर डॉक्टर, नर्सिंग स्टाफ और टेक्नीशियनों की बड़ी टीम शामिल रही।
देवास में एनएसयूआई जिलाध्यक्ष श्रीकांत चौहान और छोटेलाल अहिरवार पर बाईपास पर एक कार रोकने और मारपीट के मामले में पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। इस कार्रवाई के विरोध में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उज्जैन रोड स्थित अंबेडकर प्रतिमा पर धरना दिया, जो देर रात तक जारी रहा। शहर कांग्रेस अध्यक्ष प्रयास गौतम ने कहा कि वाहन की किस्त को लेकर गाड़ी रोकने पर श्रीकांत चौहान के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह कार्रवाई भाजपा से जुड़े एक जनप्रतिनिधि के दबाव में की गई है। कांग्रेस ने श्रीकांत चौहान की तत्काल रिहाई और मामले में क्रॉस रिपोर्ट दर्ज करने की मांग उठाई। कार चालक से मारपीट का आरोप पुलिस के अनुसार, देवास बाईपास पर आरोपियों ने एक कार का पीछा कर उसे शंकरगढ़ के पास रोका। कार चालक संदीप (नलखेड़ा निवासी) ने 112 पर कॉल कर मारपीट के प्रयास की सूचना दी। जानकारी के मुताबिक, श्रीकांत चौहान और उनके साथी ने खुद को निजी बैंक का कर्मचारी बताकर कार चालक को रोका। जब चालक ने आईडी मांगी, तो आरोपियों ने पहचान पत्र नहीं दिखाया और पैसे न देने पर कथित रूप से मारपीट की। औद्योगिक क्षेत्र थाना प्रभारी शशिकांत चौरसिया के अनुसार, फरियादी की शिकायत पर श्रीकांत चौहान और एक अन्य के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया गया है। रात 9:30 बजे तक जारी रहा धरनाएफआईआर के विरोध में कांग्रेस कार्यकर्ताओं का धरना देर रात करीब 9:30 बजे तक जारी रहा। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
आगर मालवा कोतवाली पुलिस ने अवैध मादक पदार्थों के साथ एक तस्कर को गिरफ्तार किया है। आरोपी के पास से 2 किलो 300 ग्राम गांजा बरामद किया गया है। मुखबिर की सटीक सूचना पर आगर-कानड़ रोड स्थित कलेक्टर कार्यालय के सामने नाकाबंदी कर इस कार्रवाई को अंजाम दिया गया। सफेद कार की तलाशी में मिला प्लास्टिक का झोला पुलिस को सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति सफेद स्विफ्ट डिजायर कार में गांजा लेकर आगर की ओर आ रहा है। घेराबंदी के दौरान संदिग्ध कार को रोककर जब तलाशी ली गई, तो पिछली सीट पर रखे एक झोले से अवैध गांजा मिला। पुलिस ने मौके से आरोपी इरशाद अहमद (48), निवासी कसाईवाड़ा को हिरासत में ले लिया। कार और मोबाइल सहित लाखों का माल बरामद कार्रवाई के दौरान पुलिस ने गांजे के साथ तस्करी में प्रयुक्त कार और एक मोबाइल फोन भी जब्त किया है। जब्त की गई कुल सामग्री की अनुमानित कीमत लगभग 9.53 लाख रुपये आंकी गई है। पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। मादक पदार्थ के नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस थाना पुलिस अब आरोपी से मादक पदार्थ के स्रोत और उसके नेटवर्क के बारे में गहन पूछताछ कर रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि यह गांजा कहां से लाया गया था और इसे कहां सप्लाई किया जाना था। इस सफलता में कोतवाली थाने की विशेष टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
सिविल लाइन के सुभाष नगर में सरेराह हुई पांच लाख रुपये की लूट के मामले में पुलिस ने FIR दर्ज कर ली है। तीन टीमें वारदात के खुलासे को लेकर काम कर रही हैं। अफसरों की मानें तो 24 घंटे में 150 से ज्यादा CCTV कैमरे खंगाले जा चुके हैं, जिनमें कई जगह नकाबपोश बदमाश दिखाई दिए हैं। उनकी पहचान का प्रयास किया जा रहा है। पहले एक नजर वारदात पर सुभाष नगर गली नंबर 13 में सबिया परिवार के साथ रहती हैं। वह सोहेल नाम के युवक के साथ पार्टनरशिप में मंडी में काम करती है। सोमवार शाम सबिया के पास सोहेल का फोन आया। सोहेल ने कहा कि उसे पांच लाख रुपये की जरूरत है। सबिया ने घर आकर रुपये ले जाने के लिए बोल दिया। सुभाष नगर मस्जिद के पास आकर सोहेल ने सबिया को फोन किया। सबिया बैग में रुपये लेकर घर से स्कूटी पर निकली। जैसे ही मुख्य मार्ग पर पहुंची, तभी बाइक सवार बदमाश सबिया के हाथ से बैग लूटकर फरार हो गए। शोर मचा पीछा करने का प्रयास सबिया स्कूटी पर थी और दोनों बदमाश बाइक पर थे। एक बदमाश ने भागकर बैग छीना और फिर कूदकर अपने साथी की बाइक पर बैठ गया। इसके बाद बदमाश कचहरी की तरफ भाग निकले। सबिया जोर जोर से चिल्लाने लगी। वह जब तक अपनी स्कूटी मोड़ पाती, तब तक बदमाश फरार हो गए। इसके बाद पुलिस पहुंची और छानबीन में जुट गई। बदमाश के हाथ से सड़क पर गिरा बैग सबिया से बैग छीनकर बदमाश भागा और कूदकर अपने साथी की बाइक पर बैठा। बाइक चला रहे बदमाश का नियंत्रण खो गया और पीछे बैठे बदमाश के हाथ से बैग छूटकर सड़क पर जा गिरा। वह दोबारा कूदा। आनन फानन में बैग उठाया और वापस साथी के साथ बाइक पर बैठकर फरार हो गया। गमछे से ढके थे दोनों ने अपने चेहरे वारदात कई लोगों ने देखी लेकिन कोई भी सीधे बोलने को तैयार नहीं है। दबी जुबां में लोगों ने बताया कि बदमाशों ने चेहरे पर गमछा लपेटा हुआ था और काला चश्मा लगाया हुआ था। इससे पहले कि लोग उनकी तरफ भागते, वह आंखों से ओझल हो गए। हापुड़ की ओर भागे बदमाश एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह ने तीन टीमों को वारदात के खुलासे के लिए लगाया है। यह टीमें वारदात के बाद से ही CCTV कैमरे खंगाल रही हैं। 40 से ज्यादा स्पॉट पर लगे 150 से ज्यादा CCTV कैमरे पुलिस ने खंगाले, तब जाकर बदमाशों की लोकेशन निकल पायी है। सूत्र बताते हैं कि बदमाश हापुड़ रोड पर भीड़ में गुम हुए हैं। सबिया-सोहेल से पूछताछ जारीवारदात से जुड़ी पूरी कहानी पुलिस के गले नहीं उतर रही। पुलिस का कहना है कि दो लोगों के बीच हुई टेलीफोनिक वार्ता तीसरे व्यक्ति तक कैसे पहुंच गई। फिलहाल इस मामले में सबिया व सोहेल से पुलिस लगातार पूछताछ कर रही है। उनके मोबाइल फोन भी पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिये हैं। सभी की कॉल डिटेल्स खंगाली जा रही है।
जमुई के चरका पत्थर थाना क्षेत्र के बिछगढ़ गांव में दबंगों ने एक परिवार के घर और दुकान को जेसीबी से ध्वस्त कर दिया। इस घटना के बाद पीड़ित परिवार बेघर हो गया है। पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पीड़ित सुकर मिस्त्री संजय विश्वकर्मा और जोगिंदर विश्वकर्मा ने आरोप लगाया है कि मुन्ना बरनवाल, कैलू यादव, विपिन ठाकुर और जढू ठाकुर सहित अन्य लोगों ने जबरन उनके घर और दुकान पर जेसीबी चलाकर उसे गिरा दिया। इस कार्रवाई में लाखों रुपये की संपत्ति का नुकसान हुआ है। घटना के समय पीड़ित परिवार ने गांव में मदद की गुहार लगाई, लेकिन कोई भी उनकी सहायता के लिए आगे नहीं आया। सूचना मिलने पर चरका पत्थर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए धीरज कुमार और कैलू यादव को गिरफ्तार कर लिया है। थानाध्यक्ष रंजीत कुमार ने बताया कि मामले की जांच जारी है और आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
अजमेर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के बांसवाड़ा सर्कल में विद्युत अधिनियम की धारा 126 के तहत मंगलवार को समाधान बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में बिजली चोरी और सतर्कता जांच से जुड़े दर्जनों मामलों की सुनवाई कर उनका मौके पर ही निस्तारण किया गया। दिनभर चली इस प्रक्रिया में कुल 124 प्रकरण निपटाए गए, जिनसे करीब 49 लाख रुपये की राजस्व वसूली हुई। बैठक में एवीवीएनएल (OM) के अधीक्षण अभियंता भगवानदास, चित्तौड़गढ़ के अधीक्षण अभियंता ओ.पी. वर्मा, जनरेशन की वरिष्ठ लेखाधिकारी सीमा सक्सेना और 220 केवी जीएसएस के अधिशासी अभियंता दयमा मौजूद रहे। अधिकारियों ने उपभोक्ताओं की शिकायतों और विभाग द्वारा जारी किए गए वीसीआर के मामलों की एक-एक कर समीक्षा की। विभागीय जानकारी के अनुसार धारा 126 के तहत सबसे ज्यादा 96 प्रकरणों का निस्तारण किया गया, जिनसे विभाग को 40 लाख रुपये प्राप्त हुए। इसी तरह ऑडिट से जुड़े 21 मामलों में सुनवाई कर 5 लाख रुपये और बिजली चोरी (धारा 135) के 7 मामलों का निपटारा कर 4 लाख रुपये की वसूली की गई। अधिकारियों ने बताया कि इस समाधान शिविर का मुख्य उद्देश्य लंबित प्रकरणों को कम करना और उपभोक्ताओं को राहत प्रदान करना था।
बैतूल जिले के शाहपुर में एक युवक की मौत के बाद परिजनों ने शव सड़क पर रखकर प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन मंगलवार की रात तक चला, जिससे इलाके में तनावपूर्ण माहौल बन गया। जानकारी के अनुसार ग्राम सुहागपुर ढाना निवासी 22 वर्षीय देवेश वर्मा उर्फ गौतम 13 मार्च को जामपानी गांव में एक शादी समारोह में शामिल हुआ था। यहां पुराने पैसों के लेन-देन को लेकर विवाद और मारपीट हो गई थी।विवाद के बाद देवेश घर लौटा और खुद पर डीजल डालकर आग लगा ली। इस घटना में वह 80-90 प्रतिशत तक झुलस गया था। गंभीर हालत में उसे भोपाल के हमीदिया अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। देवेश मंडीदीप की एक निजी कंपनी में कार्यरत था और होली की छुट्टी पर गांव आया था। शव रखकर डेढ़ घंटे तक प्रदर्शनमंगलवार को पोस्टमार्टम के बाद शव गांव लाया गया। परिजन शाहपुर पहुंचे और सड़क पर शव रखकर करीब डेढ़ घंटे तक प्रदर्शन करते रहे। उन्होंने घटना में शामिल चार लोगों पर कार्रवाई की मांग की। सूचना मिलने पर एसडीएम प्रांजल आर, तहसीलदार और थाना प्रभारी अरविंद कुमरे मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने समझाइश देकर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ।थाना प्रभारी के अनुसार भोपाल से मर्ग डायरी प्राप्त होने के बाद मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है।
गयाजी में आद डीडीयू मंडल ने बिना टिकट यात्रा रोकने और रेलवे नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए एक सघन टिकट जांच अभियान चलाया। इस अभियान के दौरान कुल 1729 यात्री बिना टिकट या नियमों का उल्लंघन करते हुए पकड़े गए, जिनसे 9 लाख 74 हजार रुपये का जुर्माना वसूला गया। यह अभियान गया जंक्शन, डीडीयू जंक्शन, डेहरी ऑन सोन और सासाराम स्टेशनों पर एक साथ चलाया गया। टिकट चेकिंग स्टाफ और सुरक्षा बल की संयुक्त टीमों ने प्लेटफॉर्म, फुटओवर ब्रिज, प्रवेश-निकास की ओर से और ट्रेनों के अंदर यात्रियों की गहन जांच की। यात्रियों में जागरूकता बढ़ाना था मकसद रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इस अभियान का उद्देश्य न केवल नियमों का पालन सुनिश्चित करना था, बल्कि यात्रियों में जागरूकता बढ़ाना भी था। अभियान का तत्काल प्रभाव देखने को मिला, जहां स्टेशनों पर टिकट काउंटरों पर सामान्य से अधिक भीड़ देखी गई और यात्रियों ने तुरंत टिकट खरीदना शुरू कर दिया। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि बिना टिकट यात्रा पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए ऐसे अभियान समय-समय पर जारी रहेंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि बिना टिकट यात्रा करना एक दंडनीय अपराध है और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई जारी रहेगी। रेल प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे यात्रा शुरू करने से पहले वैध टिकट अवश्य खरीदें। मोबाइल ऐप-एटीवीएम मशीनों से आसानी से लें टिकट यात्रियों की सुविधा के लिए टिकट खरीदने के कई आसान विकल्प उपलब्ध कराए गए हैं, जिनमें स्टेशन के टिकट काउंटर, ऑनलाइन बुकिंग, मोबाइल ऐप और एटीवीएम मशीनें शामिल हैं। सुविधाओं का उपयोग कर यात्री बिना किसी परेशानी के अपना टिकट हासिल कर सकते हैं। अभियान ने यह संदेश स्पष्ट रूप से दे दिया है कि रेलवे अब बिना टिकट यात्रा के खिलाफ पूरी तरह सख्त रुख अपना चुका है। नियमों का पालन करना हर यात्री की जिम्मेदारी है, और ऐसा न करने पर उन्हें आर्थिक दंड के साथ अन्य कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है।
वाराणसी परिक्षेत्र से विंध्याचल धाम जाने वाले श्रद्धालुओं की संख्या को देखते हुए उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम ने बस सेवाओं में बड़ा विस्तार किया है। सरकार ने सामान्य दिनों की अपेक्षा वाराणसी परिक्षेत्र से पूजा स्पेशल की तीन गुना बसों को बढ़ा दिया है। वाराणसी परिक्षेत्र से नवरात्र में 86 बसे चलेंगी। 86 बसों का होगा संचालन क्षेत्रीय प्रबंधक परशुराम पांडेय के अनुसार, नवरात्रि मेले के दौरान यात्रियों की संख्या में कई गुना बढ़ोतरी होती है। इसी को ध्यान में रखते हुए बसों की संख्या तीन गुना तक बढ़ाई गई है। उन्होंने बताया कि बसों का संचालन यात्रियों की मांग और उपलब्धता के अनुसार किया जाएगा, ताकि किसी भी श्रद्धालु को असुविधा न हो। सामान्य दिनों में जहां इस रूट पर करीब 21 बसें चलती हैं, वहीं नवरात्रि 18 मार्च से 27 मार्च तक के अवसर पर इसे बढ़ाकर कुल 86 बसें कर दिया गया है। इनमें 65 अतिरिक्त “पूजा स्पेशल” बसें शामिल हैं, जो परिक्षेत्र के अलग-अलग डिपो से संचालित की जाएगी हैं।यात्रियों की सुविधा के लिए हेल्पडेस्क नंबर 8726005897 भी जारी किया गया है। अब जानिए कहां से चलती है कितनी बस वाराणसी परिक्षेत्र के आठों डिपो से बसों का संचालन होगा। जौनपुर डिपो से सबसे अधिक 20 अतिरिक्त बसों का संचालन होगा। कैंट और काशी डिपो से 10-10 अतिरिक्त बसें चलाई जाएंगी,जबकि चंदौली, सोनभद्र और विंध्यनगर जैसे क्षेत्रों से भी अतिरिक्त बसें लगाई गई हैं, जिससे आसपास के जिलों से आने वाले भक्तों को सीधी और सुगम सुविधा मिल सके। डिपो रूट व बसों का संचालन 1-कैंट-वाराणसी – विंध्याचल 0-10 2-काशी-वाराणसी – विंध्याचल 0-10 3-चंदौली-वाराणसी – विंध्याचल 2-8 4-ग्रामीण-वाराणसी – विंध्याचल 12-0 5-जौनपुर-जौनपुर – विंध्याचल 2-20 6-गाजीपुर-गाजीपुर – विंध्याचल 0-2 7-सोनभद्र-सोनभद्र – विंध्याचल 2-10 8-विंध्यनगर-विंध्याचलविंध्यनगर – विंध्याचल3-5
भिवानी जिले के तोशाम में एसडीएम प्रदीप अहलावत ने कहा है कि हरियाणा राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत महिला स्वयं सहायता समूह (SHG) आत्मनिर्भर भारत अभियान के अंतर्गत महिलाओं के लिए रोजगार का एक अनूठा माध्यम बन रहे हैं। उन्होंने इन समूहों की पहल की सराहना करते हुए इसे आत्मनिर्भर भारत और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। SDM बोले- ये समूह पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा दे रहे इन महिला स्वयं सहायता समूहों की यह पहल स्वदेशी, स्थानीय उत्पादों और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। महिलाएं सामूहिक रूप से दैनिक जीवन में अधिकतम भारतीय उत्पादों के उपयोग का संकल्प ले रही हैं। वे विदेशी वस्तुओं के स्थान पर देसी उत्पादों को अपने घर, कार्यस्थल और समाज में प्राथमिकता देने का प्रण कर रही हैं। बोले- नई पीढ़ी को स्वदेशी का संदेश दे रहे इसके अलावा, ये समूह गांव के किसानों और कारीगरों का समर्थन कर स्थानीय उद्योगों को बढ़ावा देने का भी संकल्प ले रहे हैं। वे युवाओं और बच्चों को स्वदेशी अपनाने के लिए प्रेरित कर रहे हैं, साथ ही नई पीढ़ी को स्वदेशी के महत्व का संदेश भी दे रहे हैं। SDM ने महिलाओ से किया आह्वान एसडीएम अहलावत ने महिलाओं से आह्वान किया कि वे पारिवारिक और सामाजिक जीवन में भारतीय भाषाओं का अधिक प्रयोग करें। उन्होंने पर्यावरण के प्रति सजग रहते हुए स्वदेशी एवं प्रकृति-अनुकूल उत्पादों के उपयोग तथा देश के पर्यटन स्थलों को प्राथमिकता देने का भी संकल्प लेने का आग्रह किया।
अररिया के सदर प्रखंड अंतर्गत बेलवा पंचायत के इस्तेमाल टोला में मंगलवार को एक 6 वर्षीय बालक की पानी भरे चौर में डूबने से मौत हो गई। बालक की पहचान रईस के पुत्र दिलदार के रूप में हुई है, जो इसी टोले का निवासी था। यह घटना कोसी वायरलेस के निकट वार्ड संख्या 4 में हुई। स्थानीय लोगों के अनुसार, दिलदार चौर के पास खेल रहा था। पैर फिसल से गहरे पानी में जा गिरा बच्चा खेलते समय अचानक उसका पैर फिसल गया और वह गहरे पानी में जा गिरा। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने तुरंत बच्चे को पानी से बाहर निकालने का प्रयास किया। ग्रामीणों ने किसी तरह बच्चे को पानी से निकालकर आनन-फानन में मंगलवार शाम करीब 4 बजे सदर अस्पताल, अररिया पहुंचाया। ग्रामीणों की चेतावनी बोर्ड लगाने की मांग अस्पताल में ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक ने प्राथमिक जांच के बाद दिलदार को मृत घोषित कर दिया।इस घटना के बाद स्थानीय निवासियों ने पानी से भरे गड्ढों और चौरों को बच्चों के लिए खतरनाक बताया। ग्रामीणों का कहना है कि ऐसे स्थान बच्चों के लिए जोखिम भरे हैं और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए इन्हें ठीक करने या चेतावनी बोर्ड लगाने की आवश्यकता है। ग्रामीणों ने प्रशासन से अपील की है कि ऐसे खतरनाक स्थानों की पहचान कर तत्काल कार्रवाई की जाए। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में खुले गड्ढों, तालाबों और चौरों को भरने या घेरबंदी करने पर जोर दिया, ताकि बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
मन्दसौर। घरेलू एलपीजी गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी की शिकायत पर जिला प्रशासन ने मंगलवार शाम कार्रवाई करते हुए द्वारका इंडेन गैस एजेंसी को सील कर दिया। खाद्य एवं राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने जांच के दौरान एजेंसी के कर्मचारी को दोगुनी कीमत पर गैस सिलेंडर बेचते हुए रंगे हाथों पकड़ा। जिला आपूर्ति अधिकारी के अनुसार कार्रवाई के दौरान कर्मचारी घनश्याम घरेलू गैस सिलेंडर की ब्लैक मार्केटिंग करते हुए पाया गया। जांच के दौरान टीम ने एजेंसी संचालक से आवश्यक दस्तावेज मांगे, लेकिन वे कोई भी वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। अनियमितताओं और दस्तावेजों की कमी को देखते हुए प्रशासन ने एजेंसी को तत्काल प्रभाव से आगामी आदेश तक सील कर दिया। अधिकारियों की संयुक्त टीम ने की कार्रवाई कार्रवाई में एसडीएम शुभम पाटीदार, डिप्टी कलेक्टर रोहित राणावत, तहसीलदार अभिषेक चौरसिया, जिला आपूर्ति अधिकारी नारायणसिंह चन्द्रावत और कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी आराधना खडिया सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि गैस की पर्याप्त उपलब्धता है, इसलिए बिना बुकिंग या अधिक कीमत पर सिलेंडर न खरीदें। अवैध भंडारण या दुरुपयोग पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पूरे मामले में जांच जारी है और आगे भी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।
गयाजी के इमामगंज-सलैया-पकरी सड़क चौड़ीकरण काम में कथित लापरवाही मामले में कार्रवाई की गई है। ग्रामीण कार्य विभाग के कार्यपालक अभियंता पर बिहार लोक शिकायत निवारण अधिकार अधिनियम, 2015 के तहत 2500 रुपये का जुर्माना लगाने की सिफारिश की गई है। मामला तब सामने आया जब एक परिवादी ने सड़क निर्माण की गुणवत्ता और पारदर्शिता को लेकर शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि सड़क चौड़ीकरण कार्य में निर्धारित मानकों का उल्लंघन किया जा रहा है, जिससे निर्माण की गुणवत्ता प्रभावित हो रही है। जांच कर विस्तृत रिपोर्ट पेश करने का निर्देश दिया बिहार लोक शिकायत निवारण अधिकार अधिनियम, 2015 के तहत दायर इस शिकायत पर सुनवाई के दौरान, ग्रामीण कार्य विभाग के लोक प्राधिकार सह कार्यपालक अभियंता, कार्य प्रमंडल, इमामगंज को जांच कर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया था। उन्हें इसके लिए पर्याप्त समय और कई अवसर भी दिए गए। हालांकि, कार्यपालक अभियंता ने निर्धारित समय-सीमा के अंदर न तो कोई अद्यतन रिपोर्ट प्रस्तुत की और न ही जांच से संबंधित कोई ठोस जानकारी दी। इस उदासीनता को प्राधिकार ने गंभीर प्रशासनिक लापरवाही मानते हुए कड़ी नाराजगी व्यक्त की। सुनवाई कर रहे अधिकारी ने जनहित के मामलों में ऐसी लापरवाही को अस्वीकार्य बताया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, अधिनियम की धारा 8 के तहत कार्यपालक अभियंता पर 2500 रुपये का जुर्माना लगाने की अनुशंसा की गई है। उन्हें तत्काल मामले की जांच कर विभागीय दिशा-निर्देशों के अनुरूप आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने और परिवादी की शिकायत का शीघ्र निवारण करने का भी निर्देश दिया गया है। इस आदेश की एक प्रति जिला पदाधिकारी को भी भेजी जाएगी, ताकि उच्च स्तर पर मामले की निगरानी की जा सके। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में इस प्रकार की लापरवाही दोहराए जाने पर और भी कड़ी कार्रवाई की जा सकती है। घटना सरकारी परियोजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता और जवाबदेही के महत्व को रेखांकित करती है। यह भी दर्शाता है कि नागरिकों की ओर से की गई शिकायतें व्यवस्था को अधिक जवाबदेह बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
मेरठ बुलियन ट्रेडर्स एसोसिएशन और मेरठ जेम्स एंड ज्वेलरी फेडरेशन के एक प्रतिनिधिमंडल ने सांसद डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेई के नेतृत्व में केंद्रीय उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल से मुलाकात की। यह मुलाकात संसद भवन सचिवालय स्थित उनके कार्यालय में हुई। प्रतिनिधिमंडल ने मेरठ ज्वेलरी पार्क के निर्माण संबंधी अपनी बात रखी। मंत्री पीयूष गोयल ने ज्वेलर्स की बातों को ध्यानपूर्वक सुना। उन्होंने बैठक में मौजूद अपने संयुक्त सचिव से मेरठ ज्वेलरी पार्क के संबंध में अब तक हुए कार्यों की विस्तृत जानकारी ली। संयुक्त सचिव ने बताया कि मेरठ विकास प्राधिकरण ने इस परियोजना के लिए 40,000 वर्ग मीटर भूमि आरक्षित की है। इसके लिए वर्ष 2019-20 में एक सर्वेक्षण भी किया जा चुका है। इस दौरान मेरठ ज्वेलरी पार्क के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण चर्चा हुई। बैठक के बाद डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेई ने ज्वेलर्स को आश्वस्त किया कि इस संबंध में शीघ्र ही सकारात्मक परिणाम सामने आएंगे। इस प्रतिनिधिमंडल में चेयरमैन प्रदीप कुमार अग्रवाल, सचिव विजय आनंद अग्रवाल, कोषाध्यक्ष संदीप अग्रवाल, निदेशक ऋषभ महेश्वरी, विपिन अग्रवाल, मनोज वर्मा, अमित रस्तोगी और विपुल अग्रवाल शामिल थे।
महराजगंज में गैस एजेंसी पर मारपीट:बुकिंग को लेकर उपभोक्ता और कर्मचारियों में विवाद, 14 हिरासत में
महराजगंज जिले के घुघली थाना क्षेत्र में जोगिया मोड़ स्थित एचपी गैस एजेंसी पर मंगलवार को उपभोक्ता और कर्मचारियों के बीच विवाद हो गया। गैस बुकिंग को लेकर शुरू हुई कहासुनी जल्द ही मारपीट में बदल गई, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, विवाद इतना बढ़ गया कि एजेंसी कर्मचारियों ने बांस और बल्ली से एक उपभोक्ता की पिटाई कर दी। इसके बाद वहां मौजूद अन्य लोगों में भी आक्रोश फैल गया और दोनों पक्षों के बीच जमकर मारपीट होने लगी। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित किया सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने हंगामा कर रहे लोगों को हिरासत में लेकर थाने पहुंचाया। हालांकि, कुछ लोगों ने आरोप लगाया है कि थाने के अंदर भी मारपीट हुई, लेकिन इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि थाने के सीसीटीवी फुटेज सार्वजनिक होने पर सच्चाई सामने आ सकती है। थाना प्रभारी कुंवर गौरव सिंह ने बताया- गैस बुकिंग को लेकर दो पक्षों में विवाद हुआ था। जो मारपीट में बदल गया। गाली-गलौज, मारपीट और धमकी देने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने दोनों पक्षों के कुल 14 लोगों को हिरासत में लिया है। शांति भंग की आशंका में उनका चालान किया है। मामले की जांच जारी है। पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
कपूरथला की नवप्रीत कौर बसरा ने दक्षिण अफ्रीका के सबसे ऊंचे पर्वत, माउंट किलिमंजारो (5895 मीटर ऊंचाई) पर सफलतापूर्वक चढ़ाई की है। वह कपूरथला जिले की पहली महिला पर्वतारोही बन गई हैं, जिन्होंने इस विश्व प्रसिद्ध चोटी को फतह किया है। नवप्रीत कौर बसरा, वर्तमान में गवर्नमेंट आईटीआई वूमेन खीरांवाली, कपूरथला में कॉस्मेटोलॉजी में मास्टर डिग्री के साथ कार्यरत हैं। कपूरथला के गुरु तेग बहादुर नगर की निवासी नवप्रीत ने अपने दृढ़ संकल्प और कड़ी मेहनत से यह कठिन लक्ष्य हासिल किया। माउंट किलिमंजारो अफ्रीका का सबसे ऊंचा पर्वत और विश्व की चौथी सबसे ऊंची स्वतंत्र खड़ी चोटी है, जिसे फतह करना किसी भी पर्वतारोही के लिए एक बड़ी चुनौती माना जाता है। लगभग 5895 मीटर (करीब 19,341 फुट) की ऊंचाई तक पहुंचना शारीरिक और मानसिक रूप से बेहद कठिन होता है। इसके लिए लंबे समय तक अभ्यास, अनुशासन और मजबूत इच्छाशक्ति की आवश्यकता होती है, जिसे नवप्रीत ने अपनी निष्ठा से साबित किया। पहले भी कई पर्वतीय अभियानों में भाग लिया किलिमंजारो अभियान से पहले भी नवप्रीत ने कई पर्वतीय अभियानों में भाग लिया है। उन्होंने बेसिक माउंटेनियरिंग कोर्स 'ए ग्रेड' के साथ सफलतापूर्वक पूरा किया। प्रशिक्षण के दौरान उन्होंने ब्यास कुंड ट्रैक (लगभग 12,772 फुट), सिथित धार बेस कैंप (लगभग 15,500 फुट) और पतलसू पीक (लगभग 12,500 फुट) जैसी ऊंचाइयों को भी सफलतापूर्वक पार कर अपना अनुभव मजबूत किया था। नवप्रीत ने बताया कि किलिमंजारो की चढ़ाई उनके लिए आसान नहीं थी। ऊंचाई बढ़ने के साथ ऑक्सीजन की कमी, अत्यधिक ठंड और थकान जैसी कई चुनौतियों का सामना करना पड़ा। हालांकि, उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और अपनी कड़ी मेहनत तथा सकारात्मक सोच के बल पर अंततः शिखर तक पहुंचकर तिरंगा लहराया। स्थानीय लोगों और सामाजिक संग्ठनों ने दी बधाई नवप्रीत कौर बसरा की इस सफलता से न केवल कपूरथला बल्कि पूरे पंजाब में गर्व की लहर है। उनकी इस उपलब्धि ने यह साबित कर दिया है कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत सच्ची हो, तो कोई भी बाधा सफलता के रास्ते में नहीं आ सकती। स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों ने उनकी इस उपलब्धि पर खुशी जाहिर करते हुए उन्हें बधाई दी है। उनके परिवार ने भी इस सफलता पर गर्व व्यक्त किया और कहा कि नवप्रीत ने अपने सपनों को साकार कर पूरे परिवार और शहर का नाम ऊंचा किया है। नवप्रीत की यह उपलब्धि खासकर युवतियों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने यह संदेश दिया है कि बेटियां किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं हैं और यदि उन्हें अवसर और समर्थन मिले, तो वे हर ऊंचाई को छू सकती हैं। यहां देखें फोटो…
स्पोर्ट्स अथोरिटी ऑफ इंडिया (साईं) की वेट लिफ्टिंग और कबड्डी की दो दिवसीय चयन प्रक्रिया आज पूरी हो गई। जयपुर के विद्याधर नगर स्टेडियम में साईं प्रशिक्षण केन्द्र में आयोजित हुई चयन प्रक्रिया में 320 खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया। चयन प्रक्रिया के तहत इन दोनों खेलों के लिए आवासीय और गैर आवसीय योजना के तहत खिलाड़ियों चयन किया जाएगा। कबड्डी के लिए चयन प्रक्रिया का पहला चरण सोमवार को पूरा हुआ। जिसमें राजस्थान सहित अन्य राज्यों से करीब 200 खिलाड़ी शामिल हुए। साईं प्रशिक्षण केन्द्र, जयपुर के प्रभारी एवं वेट लिफ्टिंग के सीनियर कोच देवदत्त शर्मा ने बताया कि इस चयन प्रक्रिया के माध्यम से 14 से 18 साल के खिलाड़ियों का चयन साईं की आवासीय एवं गैर-आवासीय योजनाओं के अंतर्गत किया जाएगा। वेट लिफ्टिंग के लिए 120 खिलाड़ियों ने दिया ट्रायलसाईं के वेट लिफ्टिंग कोच कुलदीप सिंह शेखावत ने बताया कि मंगलवार को वेट लिफ्टिंग खेल के लिए चयन ट्रायल आयोजित किए गए। इस दौरान खिलाड़ियों के दस्तावेजों की जांच के साथ-साथ उनकी शारीरिक क्षमता, गति, संतुलन और स्किल टेस्ट लिए गए। वेट लिफ्टिंग ट्रायल में 120 से अधिक खिलाड़ियों ने भाग लिया। इनमें राजस्थान के अलावा मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, गुजरात, बिहार, पश्चिम बंगाल एवं हरियाणा से भी खिलाड़ी भी शामिल हुए। उन्होने बताया कि चयन प्रक्रिया की अंतिम मेरिट सूची लगभग एक माह बाद जारी की जाएगी। चयनित खिलाड़ियों को ईमेल एवं फोन के माध्यम से सूचित किया जाएगा।
गोरखपुर में मंगलवार को भाजपा नेता राजकुमार चौहान की हत्या कर दी गई। जिसके बाद परिवार वालों से मिलने कैबिनेट मंत्री दारा सिंह चौहान और राज्यसभा सांसद डॉ. राधा मोहन दास अग्रवाल पहुंचे। दोनों नेताओं के पहुंचने पर वहां भीड़ ने घेर लिया। परिवार में अभी भी मातम का माहौल है। दोनों नेताओं के पहुंचते ही मृतक की पत्नी और उनकी बेटी भावुक हो गईं। दोनों ने अपने अपने स्तर से परिवार को ढाढ़स बांधा। कैबिनेट मंत्री ने सहायता का दिया आश्वासनमृतक के परिवार से कैबिनेट मंत्री दारा सिंह चौहान ने उन्हें हरसंभव सहायता दिलाने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि– मैं भी जानता हूं कि उनके छोटे-छोटे बच्चे हैं। उनके पालन पोषण के लिए जो कुछ भी है आप लोग लिखकर दीजिए मैं मुख्यमंत्री जी से प्रयास करूंगा कि इनको जो भी आर्थिक सहयोग मिल सके हम लोग पूरा प्रयास करेंगे। मैं माननीय मुख्यमंत्री जी से उनके बच्चे की रोजगार के लिए भी बात करूंगा। राज्यसभा सदस्य बोले- अपने ही चिराग तले अंधेरा हैइसके अलावा राज्यसभा सांसद डा. राधा मोहन दास अग्रवाल ने कहा कि– राजकुमार चौहान जी भारतीय जनता पार्टी के बहुत पुराने और वरिष्ठ नेता थे। उनके साथ कैसा घटना होना काफी चिंताजनक है। ठीक गोरखनाथ मंदिर के पीछे उनकी निर्मम हत्या हो गई। दुर्दांत अपराधियों ने चाकू गोद-गोद कर मारा है। इसको हम लोग मॉब लिंचिंग कहें तो गलत नहीं होगा। स्वर्गीय राजकुमार चौहान की मोब लिंचिंग हुई है। सरकार हमारी भारतीय जनता पार्टी की है। हम लोग यही मानते हैं कि पहले की तुलना में लॉ एण्ड ऑर्डर बेहतर हुई है। इसका मतलब यह नहीं है कि चिराग तले अंधेरा हो जाएगा। एक बार आप प्रमाण पत्र लेते हैं, तो उसको आपको ही मेंटेन करना पड़ता है। पार्लियामेंट में नंगा कर दूंगा मैं तो दिल्ली से पार्लियामेंट छोड़ कर आया हूं। यह परिवार चाहता हैं कि अपराधियों को कड़ी से कड़ी सजा मिले। कोई भी अपराधी हो, मैं तो नाम भी नहीं जानता हूं। मृतक की पत्नी ने स्वयं एफआईआर लिखाया है और नामदज किया है।प्रशासन से यही कहना है कि यथाशीघ्र इसमें अपराधियों की गिरफ्तारी कर आगे की न्यायिक कार्रवाई करें। अन्यथा मैं तो हूं ही राज्यसभा में इन सब लोगों को मैं नंगा कर दूंगा। यह पूरा प्रदेश जानता है कि मैं जब राज्यसभा में खड़ा होता हूं तो क्या होता है। जो बचने का प्रयास करेगा मेरे पास संवैधानिक रास्ता है। तीतर-बीतर कर दूंगा सबको कोई बचेगा नहीं। मैं संवैधानिक तरीके से लड़ता हूं इन लोगों को संवैधानिक तरीके से कार्रवाई कर लेनी चाहिए। घर का चिराग बुझ गयाबेचारा अकेला कमाने वाला आदमी था। घर में दो-दो जवान बेटियां हैं, आखिर उनके भविष्य के साथ क्या होगा। उनकी देखरेख कौन करेगा। सरकार और प्रशासन के नाक के नीचे इतना बड़ा कांड हो रहा है। प्रशासन को जिम्मेदारी लेनी पड़ेगी। सुनिश्चित करना पड़ेगा, उनको इतनी आर्थिक मदद दी जाए कि उनके परिवार चल सके। क्योंकि उनके परिवार में कोई नहीं है वह बहुत कुछ नहीं मांग रहे हैं। अब पढिए पूरा मामलागोरखपुर में मॉर्निंग वॉक पर निकले भाजपा नेता की हत्या कर दी गई। 4 बदमाशों ने घर से 500 मीटर दूर उन्हें घेर लिया। सिर, सीने और चेहरे पर 20 से 25 बार चाकू मारे। घायल होने के बाद भी भाजपा नेता करीब 100 मीटर तक भागे, लेकिन हमलावरों ने पीछा कर फिर हमला कर दिया। हमलावर कुछ देर तक वहीं रुके रहे और उनके मरने का इंतजार करते रहे। तसल्ली होने के बाद वहां से भाग गए। घटना चिलुआताल थाना क्षेत्र में मंगलवार सुबह साढ़े 5 बजे हुई। यहां से गोरखनाथ मंदिर की दूरी करीब 5 किमी है। भाजपा नेता राजकुमार चौहान (42) की मौत की सूचना पर पहुंचीं उनकी पत्नी सुशीला रोते-रोते बेहोश हो गईं। राजकुमार की बहन मोहनी ने कहा- जान के बदले जान चाहिए। परिवार कौन चलाएगा? भतीजी को सरकारी नौकरी मिलनी चाहिए। उधर, वारदात के बाद 500 से ज्यादा लोग जुट गए और गोरखपुर-सोनौली रोड जाम कर हंगामा किया। सूचना पर 10 थानों की फोर्स पहुंची और लोगों को लाठी फटकार कर हटाया। पुलिस ने बताया कि 7 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पत्नी की शिकायत पर 10 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है। बताया जा रहा है कि ओबीसी समुदाय से आने वाले राजकुमार 2027 में बस्ती से विधानसभा चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे थे। वह भाजपा से टिकट मांग कर रहे थे। उन्हें राज्यसभा सांसद राधामोहन अग्रवाल का करीबी माना जाता था। पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी है।
रायसेन में बिजली कंपनी की रात में भी करवाई:55 बकाएदारों के कनेक्शन कटे, 20 लाख रुपए बकाया
रायसेन में मार्च क्लोजिंग से पहले बिजली कंपनी ने बकायादारों के खिलाफ अभियान तेज कर दिया है। विभाग बकाया राशि वसूलने के साथ-साथ भुगतान न करने वाले उपभोक्ताओं के बिजली कनेक्शन काट रहा है। यह कार्रवाई अब दिन के साथ रात में भी की जा रही है। मंगलवार रात शहर के वार्ड 4, गोपालपुर और वार्ड 14 राहुल नगर में लगभग 55 उपभोक्ताओं के बिजली कनेक्शन काट दिए गए। इन उपभोक्ताओं पर कुल करीब 20 लाख रुपये की बकाया राशि थी। इस कार्रवाई के दौरान सहायक प्रबंधक प्रांजल शर्मा अपनी टीम के साथ मौके पर मौजूद थे। उन्होंने जानकारी दी कि जिन उपभोक्ताओं ने लंबे समय से बिजली बिल जमा नहीं किया था, उनके कनेक्शन काटे गए हैं। विभाग ऐसे उपभोक्ताओं पर लगातार निगरानी भी रख रहा है।बिजली विभाग ने सभी उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे समय पर अपने बिजली बिलों का भुगतान करें और विभाग का सहयोग करें, ताकि भविष्य में ऐसी कड़ी कार्रवाई से बचा जा सके। दो तस्वीरों में देखिए कार्रवाई…
सुलतानपुर में संपत्ति विवाद से जुड़े मारपीट और फायरिंग मामले में पुलिस ने तीन और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस मामले में पूर्व मंत्री राणा अजीत सिंह के पुत्र सहित आठ अभियुक्तों को पहले ही जेल भेजा जा चुका है। यह घटना 14 और 15 मार्च को अखण्डनगर थाना क्षेत्र के ग्राम कल्यानपुर में हुई थी। चचेरे भाइयों के बीच चाचा की संपत्ति को लेकर विवाद के बाद मारपीट और फायरिंग की वारदात को अंजाम दिया गया था। घटना की सूचना पर पुलिस अधीक्षक ने घटनास्थल का निरीक्षण किया था। प्राप्त तहरीर के आधार पर अखण्डनगर थाने में संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 12 घंटे के भीतर आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर कानूनी प्रक्रिया पूरी की थी। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर चलाए जा रहे अभियान के तहत, अखण्डनगर पुलिस टीम ने 17 मार्च को तीन वांछित अभियुक्तों को गिरफ्तार किया। इनकी पहचान हेमू गौतम उर्फ हेमचंद्र (पुत्र हरिलाल, निवासी भगासा मुस्तफाबाद, सरपतहा, जौनपुर), दुर्गेश दुबे उर्फ छोटू (पुत्र करुणा शंकर दुबे, निवासी अमावां कला, सरपतहां, जौनपुर) और प्रवेश सिंह (पुत्र गुलाब सिंह, निवासी शहाबुद्दीनपुर उसरौली, खुटहन, जौनपुर) के रूप में हुई है। इन तीनों को मुखबिर की सूचना पर ग्राम जमालपुर के पास स्थित पुलिया से पकड़ा गया। गिरफ्तार सभी आरोपियों को आज सुलतानपुर न्यायालय में पेश किया गया है। गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक संतोष कुमार राय, संतोष पाल सिंह, अमित कुमार सिंह, हेड कांस्टेबल अनिल कुमार मौर्या और कांस्टेबल मनीष कुमार सिंह शामिल थे।
साढ़े आठ लाख के माल के साथ चोर गिरफ्तार:सुनार को बेचा था सोना; धार, बड़वानी और इंदौर में है केस दर्ज
विजयनगर थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए साढ़े आठ लाख रुपए के जेवर चोरी करने वाले शातिर चोर को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इस मामले में चोरी का माल खरीदने वाले एक सुनार को भी दबोचा है। टीआई चंद्रकांत पटेल के मुताबिक स्कीम नंबर 54 में रहने वाली रश्मी केसरी के घर 4 मार्च को चोरी की वारदात हुई थी। मामले की जांच के दौरान पुलिस ने आसपास के 200 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। इसके बाद वारिश पुत्र गफ्फार खान निवासी धरमपुरी के रूप में आरोपी की पहचान हुई। पुलिस ने जानकारी निकाली तो पता चला कि धार,बडवानी और इंदौर में आरोपी पहले भी सक्रिय रह चुका है। चोरी करने के बाद आरोपी शहर से चले जाता है। ताकि उस पर शंका ना हो। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया गया।पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसने चोरी किए गए जेवर ओमकार नाम के सुनार को बेचे थे। इसके बाद पुलिस ने सुनार को भी गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के पास से चोरी का माल बरामद कर लिया है। जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी वारिश के खिलाफ धार, बड़वानी और इंदौर में पहले से करीब 6 आपराधिक मामले दर्ज हैं। आरोपी अय्याशी के लिए चोरी करता था और चोरी की रकम से एक बाइक भी खरीदी थी। अभी पुलिस और वारदातों को लेकर उससे पूछताछ कर रही है।
राज्यसभा चुनाव में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) की शानदार जीत के बाद गोपालगंज में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के कार्यकर्ताओं में भारी उत्साह देखा गया। इस ऐतिहासिक सफलता का जश्न मनाने के लिए भाजपा नेता और कार्यकर्ता सड़कों पर उतर आए। राज्यसभा की सभी सीटों पर एनडीए उम्मीदवारों, जिनमें मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, नितिन नवीन, शिवेश राम, रामनाथ ठाकुर और उपेंद्र कुशवाहा शामिल हैं, की जीत की खबर गोपालगंज पहुंचते ही स्थानीय भाजपा कार्यालय में उत्सव का माहौल बन गया। कार्यकर्ताओं ने हाथों में झंडे और बैनर लेकर जश्न मार्च निकाला, जो मौनिया चौक तक पहुंचा। वहां जमकर आतिशबाजी की गई और 'जय श्री राम' व 'एनडीए जिंदाबाद' के नारों से आसमान गूंज उठा। भाजपा के वरिष्ठ नेताओं ने एक-दूसरे का मुंह मीठा कराया जश्न के दौरान भाजपा के वरिष्ठ नेताओं ने एक-दूसरे का मुंह मीठा कराया और आम जनता व राहगीरों के बीच भी मिठाइयां बांटीं। नेताओं ने कहा कि यह जीत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व और बिहार सरकार के सुशासन पर जनता व जनप्रतिनिधियों के अटूट विश्वास का परिणाम है। चुनाव में एनडीए के सभी 202 विधायकों ने एकजुट होकर मतदान किया, जिससे गठबंधन की मजबूती साबित हुई। महागठबंधन के कई विधायकों की अनुपस्थिति और क्रॉस वोटिंग की चर्चाओं के बीच एनडीए की यह क्लीन स्वीप जीत विपक्ष के लिए एक बड़ा झटका मानी जा रही है। स्थानीय नेताओं ने इस जीत को गोपालगंज और बिहार के विकास की नई गति का सूचक बताया। गोपालगंज में हुए इस भव्य जश्न ने आगामी राजनीतिक समीकरणों के लिए एनडीए के पक्ष में एक सकारात्मक माहौल तैयार किया है।
19 मार्च से चैत्र नवरात्रि शुरू होने जा रहे हैं। चैत्र नवरात्रि से सीकर के जीणमाता में नवरात्रि मेला शुरू होगा। 26 मार्च तक चलने वाले इस मेले में करीब 10 लाख से ज्यादा भक्तों के आने का अनुमान है। मेले के दौरान करीब 800 पुलिसकर्मी सुरक्षा व्यवस्था संभालेंगे। मंदिर पुजारी भवानीशंकर के अनुसार 19 को सुबह 8:15 बजे घट स्थापना होने के साथ ही मेले की विधिवत शुरुआत होगी। 26 मार्च तक यह मेला चलेगा। 19 मार्च से लेकर 22 मार्च तक तो मंदिर में दर्शन का समय सुबह 4:30 से रात से रात 10 बजे तक का रहेगा। इसके बाद 23 मार्च से लेकर 27 मार्च तक जीणमाता लगातार भक्तों को दर्शन देगी। मेले के दौरान सूरत,कन्नौज,दिल्ली से श्रृंगार के लिए फूल आएंगे। मंदिर पुजारी भवानीशंकर ने बताया कि इस बार नवरात्र स्थापना पर जो योग बन रहा है वह नई शुरुआत और नए निवेश के लिए शुभ माना जाता है। जीणमाता थाना SHO राकेश कुमार मीणा के अनुसार 19 मार्च से लेकर 26 मार्च तक चलने वाले इस मेले में करीब 800 पुलिसकर्मी ड्यूटी करेंगे। मंदिर कमेटी और पुलिस की तरफ से करीब 100 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। जिससे पूरे मेले के दौरान निगरानी की जाएगी। 12-12 घंटे की शिफ्ट में पुलिसकर्मी ड्यूटी करेंगे। मेला मजिस्ट्रेट कार्यालय पर कंट्रोल रूम बनाया जाएगा। चेन स्नेचिंग,चोरी जैसी घटनाओं को रोकने के लिए स्पेशल टीम रहेगी। मानव तस्करी यूनिट भिक्षावृत्ति पर निगरानी रखेगी। मंदिर की तरफ आने वाले चारों रास्तों (रैवासा,दांता,कोछोर,हर्ष) पर निशुल्क पार्किंग की व्यवस्था की गई है। जिस रास्ते से वाहन आएंगे उन्हीं रास्ते से वापस निकासी होगी। मेले के दौरान पशुबलि और मदिरा पर पूरी तरह से रोक रहेगी।
मेरठ के सदर बाजार स्थित बिल्वेशरनाथ मंदिर में कब्जे को लेकर चल रहे विवाद के बाद कोर्ट ने रिसीवर नियुक्त किया है। यह कदम आगामी श्री जगन्नाथ रथ यात्रा और बलदेव छठ के आयोजनों के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से उठाया गया है। बिल्वेशरनाथ मंदिर, जो मोहल्ला बिल्वश्ववरी में स्थित है, में मंदिर समितियों और पुजारी पक्ष के बीच भगवान श्री जगन्नाथ मंदिर के कब्जे को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा है। पिछले वर्ष भी श्री जगन्नाथ रथ यात्रा और बलदेव छठ के आयोजनों के दौरान दोनों पक्षों में विवाद हुआ था, जिससे शांति व्यवस्था भंग होने की स्थिति उत्पन्न हो गई थी। इस विवाद के संबंध में, पूर्व में 6 सितंबर 2024 को धारा 145 सीआरपीसी के तहत सभी पक्षों के खिलाफ एक रिपोर्ट भेजी गई थी। अधिकारियों को आशंका है कि आगामी श्री जगन्नाथ जी रथ यात्रा और बलदेव छठ के आयोजनों में भी विवाद हो सकता है, जिससे शांति भंग होने की प्रबल संभावना है। अपर नगर मजिस्ट्रेट (सदर) दीपक माथुर ने थाना सदर बाजार के थानाध्यक्ष की 6 सितंबर 2024 और 6 मार्च 2026 की रिपोर्ट से संतुष्ट होकर यह आदेश दिया है। रिपोर्ट में यह स्पष्ट किया गया था कि किसी भी पक्ष द्वारा मंदिर पर अपना कब्जा सिद्ध नहीं किया गया है और विवाद के कारण अप्रिय घटना घटित होकर शांति भंग हो सकती है। तहसीलदार मेरठ और थानाध्यक्ष सदर बाजार को मंदिर का कब्जा लेने और उसे कुर्क करने के लिए अधिकृत किया गया है। उन्हें मंदिर की देखभाल और रखरखाव की जिम्मेदारी भी सौंपी गई है। यह व्यवस्था तब तक लागू रहेगी जब तक न्यायालय द्वारा वास्तविक कब्जे का निर्धारण नहीं कर दिया जाता या सक्षम न्यायालय से कोई अन्य आदेश प्राप्त नहीं हो जाता। आदेश को वारंट के निष्पादन के तरीके से प्रमाणित कर 3 दिन में वापस लौटाने का निर्देश दिया गया है।
भिवानी के लघु सचिवालय स्थित डीआरडीए सभागार में डीसी साहिल गुप्ता की अध्यक्षता में एससी/एसटी से संबंधित जिला सतर्कता एवं निगरानी कमेटी की बैठक आयोजित की गई। बैठक में डीसी ने अधिकारियों को एससी/एसटी एक्ट का अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए, ताकि पीड़ित व्यक्तियों को समय पर लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि एससी/एसटी वर्ग के पीड़ित लोगों को सरकारी निर्देशों के अनुसार तुरंत आर्थिक और कानूनी सहायता उपलब्ध कराई जाए। डीसी गुप्ता ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि पीड़ितों को निर्धारित समयावधि में सहायता राशि प्रदान की जाए। उन्होंने एससी/एसटी एक्ट के तहत दर्ज हुए केसों पर ठोस कार्रवाई करने और यदि कोई निराधार मामला पाया जाता है तो नियमानुसार कानूनी कार्रवाई करने पर जोर दिया। चालान की कॉपी DWO कार्यालय भेजने के निर्देश डीसी ने संबंधित अधिकारियों को लंबित और रद्द किए गए मामलों का पूरा विवरण अगली बैठक में प्रस्तुत करने को कहा। उन्होंने पुलिस विभाग को निर्देश दिए कि जिन मामलों में चालान कोर्ट में प्रस्तुत किए जाते हैं, उनकी एक प्रति उसी समय जिला कल्याण अधिकारी के कार्यालय में भी भेजी जाए। साथ ही, चालान जल्द से जल्द कोर्ट में पेश किए जाएं और केसों को ऑनलाइन करने में कोई देरी न हो। नवंबर-जनवरी के बीच 12 केस दर्ज जिला कल्याण अधिकारी देवेंद्र सिंह ने बताया कि अत्याचार निवारण अधिनियम के तहत 1 नवंबर, 2025 से 31 जनवरी, 2026 तक जिले में कुल 12 केस एससी/एसटी एक्ट के तहत दर्ज किए गए हैं। इनमें से एक केस रद्द किया गया है, जबकि एक मामला स्वीकृति के लिए चंडीगढ़ भेजा गया है। इनमें से, सात केस अभी लंबित हैं। तीन केस जो पहले पीड़ितों द्वारा ऑनलाइन नहीं किए गए थे, उन्हें विभाग के संज्ञान में आने के बाद ऑनलाइन करवा दिया गया है। कई केसों में सहायता राशि प्रदान की जाती है अधिनियम के अंतर्गत विभिन्न प्रकार के अत्याचारों जैसे ट्यूबवेल की हानि, चल-अचल संपत्ति को नुकसान पहुंचाना, आगजनी, मारपीट अथवा हत्या आदि केसों में पीड़ितों को 85 हजार रुपए से लेकर 8 लाख 25 हजार रुपए तक की सहायता राशि प्रदान की जाती है।
मगध प्रमंडल आयुक्त डॉ. सफीना ए. एन. की अध्यक्षता में आज गया में एक महत्वपूर्ण बैठक हुई। इसमें विभागीय जांच से संबंधित अनुशासनिक मामलों के निष्पादन पर जोर दिया गया। बैठक का मुख्य उद्देश्य लंबित मामलों को तेजी से निपटाना और प्रशासनिक प्रक्रिया को प्रभावी व पारदर्शी बनाना था। बैठक में नोडल पदाधिकारी सह अपर समाहर्ता (विभागीय जांच) सहित अलग-अलग जिलों के अधिकारी उपस्थित रहे। मगध प्रमंडल के गया, औरंगाबाद, जहानाबाद, अरवल और नवादा जिलों में लंबित विभागीय जांच मामलों की विस्तृत समीक्षा की गई। समयबद्ध तरीके से निष्पादन सुनिश्चित करने का आदेश संबंधित अधिकारियों ने अपने-अपने जिलों में चल रहे मामलों की अद्यतन स्थिति प्रस्तुत की। आयुक्त ने इस पर गंभीरता से विचार करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि सभी लंबित मामलों का समयबद्ध तरीके से निष्पादन सुनिश्चित किया जाए और अनुशासनिक कार्रवाई में अनावश्यक देरी न हो। डॉ. सफीना ए. एन. ने कहा कि विभागीय जांच की प्रक्रिया को पारदर्शी, निष्पक्ष और प्रभावी बनाना प्रशासन की प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को नियमित रूप से मामलों की समीक्षा करने और प्रगति की निगरानी सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया। बैठक में विभागीय जांच से जुड़े मामलों में जवाबदेही तय करने और प्रत्येक स्तर पर जिम्मेदारी सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। आयुक्त ने बताया कि समय पर कार्रवाई न होने से प्रशासनिक कार्यप्रणाली प्रभावित होती है, इसलिए सभी अधिकारी अपने दायित्वों का निर्वहन गंभीरता और तत्परता से करें। इस अवसर पर आयुक्त के सचिव सुशील कुमार, उप सचिव दुर्गेश कुमार, मुख्य जांच आयुक्त निदेशालय, पटना के प्रतिनिधि, संयुक्त आयुक्त (विभागीय जांच) और प्रमंडल के सभी जिलों के अपर समाहर्ता सह विभागीय जांच अधिकारी उपस्थित थे। बैठक के अंत में, आयुक्त ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे विभागीय जांच से जुड़े मामलों की नियमित निगरानी करते हुए तुरंत और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करें। इसका उद्देश्य प्रशासनिक व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही को और मजबूत करना है।

