गोरखपुर में शनिवार को रहेगी बिजली कटौती:सुबह 10 से शाम 4 बजे तक शटडाउन, उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील
गोरखपुर में सड़क चौड़ीकरण और सीएम ग्रिड योजना के तहत लाइन शिफ्टिंग कार्य के कारण शनिवार को कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। विद्युत विभाग ने उपभोक्ताओं को पहले ही सूचना जारी करते हुए निर्धारित समय में सहयोग की अपील की है। विद्युत विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे निर्धारित समय को ध्यान में रखते हुए अपने जरूरी कार्य पहले ही निपटा लें। कार्य पूरा होने के बाद आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी। इन क्षेत्रों में रहेगा बिजली संकट 33 केवी राप्तीनगर उपकेंद्र से जुड़े 11 केवी राम जानकी नगर, मोती पोखरा और कृष्णा नगर फीडर की आपूर्ति शनिवार को सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक बंद रहेगी। वहीं सड़क चौड़ीकरण और लाइन शिफ्टिंग कार्य के चलते विद्युत उपकेंद्र बक्शीपुर के 11 केवी दीवान बाजार, कोतवाली और बक्शीपुर फीडर की बिजली आपूर्ति सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक बाधित रहेगी। अन्य फीडर भी रहेंगे प्रभावित इंडस्ट्रियल स्टेट उपकेंद्र के 11 केवी पश्चिमी जनप्रिय फीडर के साथ ही राप्तीनगर उपकेंद्र के 11 केवी फेस तीन और बशारतपुर फीडर की आपूर्ति भी शनिवार को सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक बंद रहेगी। इस दौरान संबंधित क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को बिजली कटौती का सामना करना पड़ेगा।
फरीदाबाद के सारन थाना क्षेत्र स्थित एक सरकारी स्कूल में एक नाबालिग छात्र के साथ कुकर्म करने का मामला सामने आया है। इस मामले में पीड़ित छात्र के पिता की शिकायत पर पुलिस ने दो नाबालिग छात्रों के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, यह घटना 22 अप्रैल की बताई जा रही है। 12 साल का पीड़ित छात्र आठवीं कक्षा में पढ़ता है। बताया जा रहा है कि स्कूल की छुट्टी होने के बाद जब वह घर जाने के लिए स्कूल से निकल रहा था, तभी उसकी ही क्लास में पढ़ने वाले दो छात्र, जिनकी उम्र करीब 14 से 15 साल के बीच है, उसे बहाने से स्कूल के बाथरूम की ओर ले गए। आरोप है कि वहां उसके साथ कुकर्म किया गया। घर पहुंचा छात्र काफी घबराया हुआ घटना के बाद छात्र काफी घबराया हुआ था और उसने शुरुआत में इस बारे में किसी को कुछ नहीं बताया। अगले दिन भी वह स्कूल जाने से बचता रहा। जब परिवार के लोगों ने उससे स्कूल न जाने का कारण पूछा तो उसने पहले कुछ नहीं बताया, लेकिन जब उससे दोबारा पूछताछ की गई तो उसने पूरी घटना अपने परिजनों को बता दी। यह सुनकर परिवार के लोग चिंतित हो गए और तुरंत छात्र को लेकर सारन थाने पहुंचे, जहां पुलिस को इस पूरे मामले की शिकायत दी गई। पीड़ित के गांव के ही रहने वाले हैं आरोपी बताया जा रहा है कि पीड़ित छात्र अपने परिवार के साथ रहता है। वहीं जिन दो छात्रों पर आरोप लगाए गए हैं, वे भी उसी गांव के रहने वाले हैं। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए 24 अप्रैल को दोनों आरोपियों के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया और आगे की जांच शुरू कर दी। वहीं, जब इस मामले को लेकर स्कूल की प्रिंसिपल से बातचीत की गई तो उन्होंने कहा कि यह मामला अभी उनके संज्ञान में नहीं आया है। स्कूल प्रिंसिपल के इस तरह की लापरवाही पर सवाल उठ रहे हैं। सारण थाना प्रभारी ब्रह्म प्रकाश ने बताया कि शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। साथ ही पीड़ित छात्र की काउंसलिंग भी करवाई जा रही है और पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
शिवपुरी करैरा क्षेत्र में प्रशासन ने अवैध गुटखा निर्माण के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए दो अलग-अलग जगह संचालित फैक्ट्री यूनिटों को सील कर दिया। एसडीएम अनुराग निंगवाल के नेतृत्व में हुई इस कार्रवाई में बड़ी मात्रा में मशीनें, वाहन और केमिकल सामग्री जब्त की गई है। शुक्रवार को एसडीएम अनुराग निंगवाल पुलिस और प्रशासनिक टीम के साथ ग्राम टीला और अमोला कॉलोनी पहुंचे, जहां अवैध रूप से गुटखा प्रोसेसिंग, पैकेजिंग और भंडारण का काम चल रहा था। टीम के पहुंचते ही मौके पर अफरा-तफरी मच गई। हालांकि फैक्ट्री संचालक मौके से फरार हो गए, जबकि वहां काम कर रहे मजदूर मौजूद मिले। दो यूनिट सील, गोदाम भी बंद प्रशासन ने सबसे पहले टीला स्थित फैक्ट्री को सील किया और पास के एक गोदाम को भी बंद कराया। इसके बाद अमोला कॉलोनी में चल रही दूसरी यूनिट पर कार्रवाई करते हुए उसे भी सील कर दिया गया। 11 से ज्यादा मशीनें और वाहन जब्त करीब छह घंटे चली इस कार्रवाई में टीम ने 11 से अधिक मशीनें, दो लोडिंग वाहन, एक आयशर ट्रक और केमिकल से भरे कई ड्रम जब्त किए हैं। मौके से बड़ी मात्रा में गुटखा निर्माण सामग्री भी बरामद हुई है। बताया जा रहा है कि यहां अलग-अलग ब्रांड के नाम से गुटखा तैयार किया जा रहा था। खाद्य सुरक्षा कानून के तहत कार्रवाई इस संयुक्त कार्रवाई में एसडीएम अनुराग निंगवाल के साथ एसडीओपी आयुष जाखड़, तहसीलदार ललित शर्मा और खाद्य सुरक्षा अधिकारी आशुतोष मिश्रा शामिल रहे। सभी गोदामों और यूनिटों को खाद्य सुरक्षा कानून के तहत सील कर दिया गया है। एसडीएम अनुराग निंगवाल ने बताया कि क्षेत्र में लंबे समय से अवैध गुटखा निर्माण की शिकायतें मिल रही थीं। इन्हीं शिकायतों के आधार पर यह कार्रवाई की गई है। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
शुक्रवार रात दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे पर थाना भवन क्षेत्र के गांव भैशानी इस्लामपुर के पास एक सड़क हादसे में तीन युवकों की मौके पर मौत हो गई। एक तेज रफ्तार थार गाड़ी ने बाइक सवार तीनों युवकों को पीछे से टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक के परखच्चे उड़ गए और तीनों युवक सड़क पर दूर जा गिरे। सूचना मिलने पर थाना भवन पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची। पुलिस ने गंभीर रूप से घायल युवकों को एंबुलेंस की मदद से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भिजवाया। वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद तीनों को मृत घोषित कर दिया। मृतकों की पहचान हरड़ निवासी राजू पुत्र राकेश, तथा हिरणवाड़ा निवासी बिट्टू पुत्र ओमवीर और सुभाष पुत्र रणवीर के रूप में हुई है। हादसे की सूचना मिलते ही मृतकों के परिजन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थाना भवन पहुंचने लगे। अस्पताल परिसर में बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए। पुलिस ने तीनों शवों को कब्जे में लेकर पंचनामा भरते हुए पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। हादसे के बाद टक्कर मारने वाला वाहन चालक मौके से फरार हो गया। पुलिस उसकी तलाश में जुट गई है और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि वाहन की पहचान की जा सके। घटना की गंभीरता को लेकर उच्च अधिकारी भी मौके पर पहुंच रहे हैं स्थानीय लोगों का कहना है कि एक्सप्रेस-वे पर तेज रफ्तार और लापरवाही के कारण लगातार हादसे हो रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस मार्ग पर सुरक्षा उपाय बढ़ाने और सख्त कार्रवाई करने की मांग की है।
सहारनपुर में शुक्रवार शाम सर्किट हाउस सभागार में मंडलीय स्तर पर विकास कार्यों, राजस्व संग्रह और कानून व्यवस्था की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। अपर आयुक्त प्रशासन रमेश यादव ने कमिश्नर डॉ. रूपेश कुमार के निर्देशों पर बैठक की अध्यक्षता की। इसमें विभिन्न विभागों के कार्यों की प्रगति का गहन मूल्यांकन किया गया और अधिकारियों को कार्यशैली में सुधार लाने के सख्त निर्देश दिए गए। अपर आयुक्त ने हिंडन नदी की साफ-सफाई को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का निर्देश दिया। उन्होंने इसके लिए एक ठोस कार्ययोजना तैयार करने को कहा। सिंचाई विभाग को नोडल एजेंसी बनाते हुए अन्य संबंधित विभागों को समन्वय से काम करने के निर्देश दिए गए। नदी किनारे जल शुद्धिकरण में सहायक पौधों का बड़े पैमाने पर पौधारोपण करने और औद्योगिक इकाइयों पर कड़ी निगरानी रखने पर भी जोर दिया गया। इसके अतिरिक्त, आमजन को जागरूक कर नदी में कूड़ा-कचरा डालने से रोकने के लिए भी कहा गया। बैठक में अपर आयुक्त ने डे-एनआरएलएम, मुख्यमंत्री आवास योजना, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, नमामि गंगे, फैमिली आईडी, 15वें वित्त आयोग, पर्यटन, मुख्यमंत्री युवा उद्यमी, सेतु निगम और वृद्धावस्था पेंशन योजनाओं में खराब रैंकिंग पर गहरी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने सभी विभागों को नए वित्तीय वर्ष में अपनी कार्यप्रणाली में सुधार लाने और बेहतर प्रदर्शन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। पर्यटन विभाग को आगामी बैठक में पीपीटी प्रस्तुतीकरण देने के लिए भी कहा गया। आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही पर सख्त रुख अपनाया गया। अधिकारियों को सभी प्रकरणों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। राजस्व वसूली की समीक्षा के दौरान चकबंदी विभाग को पांच वर्ष से अधिक पुराने मामलों का शीघ्र निस्तारण करने और तीन वर्ष पुराने मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाने के निर्देश दिए गए। बैठक में जिलाधिकारी स्तर के अधिकारियों सहित विभिन्न विभागों के मंडलीय और जनपदीय अधिकारी उपस्थित रहे। उन्हें अपनी जिम्मेदारियों के प्रति सजग रहते हुए सभी क्षेत्रों में बेहतर रैंकिंग हासिल करने के निर्देश दिए गए।
बुरहानपुर में पंचायती राज दिवस पर अर्चना चिटनिस ने कहा पंचायती राज व्यवस्था भारतीय लोकतंत्र की आधारशिला है। यह शासन को गांव-गांव तक पहुंचाने का एक सशक्त माध्यम है। आज पंचायतों को अधिक अधिकार, संसाधन और तकनीकी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिससे गांवों का समग्र और आत्मनिर्भर विकास सुनिश्चित हो रहा है। उन्होंने ग्राम स्वराज, डिजिटल सशक्तिकरण और ग्रामीण विकास के लिए चलाए जा रहे अभिनव प्रयासों का उल्लेख किया। साथ ही मध्यप्रदेश में पंचायतों को सशक्त बनाने के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। शुक्रवार को जिला पंचायत सभागृह में कार्यक्रम आयोजित किया गया था। विधायक ने कहा कि राज्य सरकार गांवों के बुनियादी ढांचे, स्वच्छता, पेयजल, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। बोलीं- गांवों में बसती है भारत की आत्माचिटनिस ने जोर देकर कहा कि भारत की आत्मा गांवों में बसती है और इसे जीवंत बनाए रखने में पंचायती राज संस्थाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उनके अनुसार, जब पंचायतें सशक्त होंगी, तभी सच्चे अर्थों में लोकतंत्र मजबूत होगा और देश प्रगति के नए आयाम स्थापित करेगा। उन्होंने कहा पंचायती राज व्यवस्था भारत के लोकतंत्र की सबसे मजबूत नींव है, जो गांवों को सशक्त बनाकर देश के विकास को गति देती है। 24 अप्रैल का दिन हमें यह याद दिलाता है कि जब निर्णय गांव के स्तर पर लिए जाते हैं, तब विकास अधिक प्रभावी और जनहितकारी बनता है। 73वें संविधान संशोधन के माध्यम से पंचायतों को जो अधिकार और जिम्मेदारियां मिली हैं। उनका उद्देश्य गांवों को आत्मनिर्भर बनाना और आमजन को शासन की प्रक्रिया में सीधे जोड़ना है। पंचायत प्रतिनिधि केवल जनप्रतिनिधि नहीं, बल्कि गांव के विकास के मार्गदर्शक होते हैं। अच्छा काम करने वाली पंचायतों का सम्मानकार्यक्रम के अंत में, विधायक चिटनिस ने उत्कृष्ट कार्य करने वाली ग्राम पंचायतों को सम्मानित किया। उन्होंने विभिन्न ग्राम पंचायतों से आए सरपंचों, सचिवों और जनप्रतिनिधियों के साथ संवाद भी स्थापित किया। चिटनिस ने सभी से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं, सुझाव और अनुभव सुने। ग्राम विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष जोर दिया। उन्होंने जनप्रतिनिधियों से आह्वान किया कि वे पारदर्शिता, जवाबदेही और जनभागीदारी को प्राथमिकता देते हुए अपने अपने गांवों को आदर्श ग्राम बनाने की दिशा में कार्य करें। अपने अपने गांवों को आत्मनिर्भर, स्वच्छ और समृद्ध बनाए.क्योंकि पंचायत मजबूत होगी, तो देश मजबूत होगा। इस अवसर पर जिला पंचायत उपाध्यक्ष गजानन महाजन, जिला पंचायत सीईओ सृजन वर्मा, जिला पंचायत सदस्य दिलीप पवार, नरहरी दीक्षित, किशोर कामठे सहित अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी, कर्मचारी, सरपंच और सचिव मौजूद रहे।
कानपुर के अरमापुर क्षेत्र में शुक्रवार शाम एक युवती की हत्या कर शव जंगल में फेंके जाने की सूचना से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। शाम करीब 5 बजे डायल 112 के जरिए कंट्रोल रूम को सूचना मिली कि अरमापुर के मैत्री नगर जंगल में एक युवती की हत्या कर शव फेंक दिया गया है। सूचना मिलते ही अरमापुर थाने की पुलिस और पीआरवी टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने तुरंत मैत्री नगर गेट नंबर-3 के पास जंगलों में सर्च अभियान चलाकर शव की तलाश शुरू की। काफी देर तक खोजबीन के बावजूद पुलिस को मौके पर कोई शव या संदिग्ध स्थिति नहीं मिली। इसके बाद पुलिस ने शिकायतकर्ता से दोबारा संपर्क कर सही घटनास्थल की जानकारी लेने की कोशिश की। लेकिन जब थाना प्रभारी ने फोन किया तो पता चला कि शिकायतकर्ता के मोबाइल में रिचार्ज न होने के कारण इनकमिंग सेवा बंद थी। इस वजह से न तो उससे संपर्क हो सका और न ही उसकी लोकेशन ट्रेस हो पाई। सूचना से उड़े पुलिस के होशकंट्रोल रूम से मिली इस सूचना के बाद अरमापुर थाने में अफरा-तफरी मच गई थी। पुलिस ने इसे गंभीरता से लेते हुए तत्काल मौके पर पहुंचकर जंगलों की घेराबंदी कर जांच शुरू की, लेकिन शिकायत की पुष्टि नहीं हो सकी। अब पुलिस शिकायतकर्ता के नंबर पर रिचार्ज कर उससे दोबारा संपर्क करने का प्रयास कर रही है, ताकि सूचना की सच्चाई और सही लोकेशन का पता लगाया जा सके। अरमापुर थाना प्रभारी मनोज कुमार पांडेय ने बताया कि शाम करीब 5 बजे कंट्रोल रूम के माध्यम से सूचना मिली थी कि एक युवती की हत्या कर शव जंगल में फेंक दिया गया है। सूचना पर थाने का फोर्स मौके पर पहुंचा और काफी देर तक जंगलों में खोजबीन की गई, लेकिन कुछ नहीं मिला। उन्होंने बताया कि शिकायतकर्ता के नंबर पर कॉल करने पर इनकमिंग बंद बताने लगा। फोन में रिचार्ज न होने की वजह से उसकी लोकेशन भी नहीं मिल पा रही है। फिलहाल पुलिस शिकायतकर्ता तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।
छतरपुर जिले के नौगांव में इन दिनों भीषण गर्मी ने लोगों का जीना मुश्किल कर दिया है। आसमान से बरसती आग और जमीन से उठती तपिश के बीच पूरा बुंदेलखंड झुलसता नजर आ रहा है। शुक्रवार को नौगांव का अधिकतम तापमान 43.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो 44 डिग्री की दहलीज पर पहुंच गया। वहीं न्यूनतम तापमान 22.8 डिग्री रहा, जिससे रात में भी राहत नहीं मिल पा रही है। मौसम के हालात ऐसे हैं कि दिन और रात दोनों का तापमान सामान्य से 3 से 4 डिग्री ज्यादा चल रहा है। दिन में तेज धूप और लू लोगों को घरों में कैद कर रही है, तो रात में भी गर्म हवाएं चैन नहीं लेने दे रहीं। गुरुवार को नौगांव 43 डिग्री के साथ प्रदेश का तीसरा सबसे गर्म शहर रहा। इससे पहले नर्मदापुरम 43.8 डिग्री और खजुराहो 43.4 डिग्री के साथ पहले और दूसरे स्थान पर थे। शुक्रवार को तापमान में और बढ़ोतरी के साथ नौगांव ने फिर तेजी दिखाई। इससे पहले रविवार को यहां का तापमान 44.3 डिग्री तक पहुंच चुका है, जो इस सीजन का सबसे गर्म दिन रहा। गर्मी से सुनसान हुईं सड़कें.. राजस्थान से आ रहीं गर्म हवाएं मौसम विभाग के वैज्ञानिक कालीचरण रैकवार के मुताबिक, राजस्थान से आने वाली गर्म और शुष्क हवाएं बुंदेलखंड को सीधे प्रभावित कर रही हैं। यही वजह है कि तापमान में लगातार उछाल देखा जा रहा है और गर्मी का असर तेजी से बढ़ रहा है। मौसम विभाग ने 25 से 28 अप्रैल के बीच गर्मी के और विकराल होने की चेतावनी दी है। इस दौरान तापमान 45 डिग्री तक पहुंच सकता है। रात में भी गर्मी से राहत मिलने की संभावना कम है और मई की शुरुआत भी तेज गर्मी के साथ होने के संकेत हैं। गर्मी के बढ़ते असर के साथ गांवों में पानी की समस्या गहराने लगी है। दोपहर में सड़कें सूनी और बाजार वीरान नजर आ रहे हैं। हीट स्ट्रोक का खतरा बढ़ गया है, जबकि अस्पतालों की तैयारियों को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।फिलहाल साफ संकेत हैं कि इस बार बुंदेलखंड गर्मी का सबसे बड़ा केंद्र बन सकता है और आने वाले दिन लोगों के लिए और चुनौतीपूर्ण साबित हो सकते हैं।
लखनऊ ट्रैफिक सिपाही से मारपीट:सिग्नल तोड़ने का विरोध करने पर कार चालक ने की अभद्रता, मुकदमा दर्ज
लखनऊ के पिकेडली तिराहे पर ड्यूटी कर रहे ट्रैफिक सिपाही को कार सवार ने थप्पड़ मार दिया। विरोध करने पर आरोपी ने गाली-गलौज की और बीच सड़क पर कार तिरछी खड़ी कर दी और फिर सिपाही पर गाड़ी चढ़ाने का प्रयास किया। पीड़ित सिपाही की तहरीर पर कृष्णा नगर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है। हीरालाल ट्रैफिक सिपाही के पद पर तैनात हैं। उन्होंने पुलिस को दी तहरीर में बताया बुधवार को उनकी ड्यूटी पिकेडली तिराहे पर लगी थी। वह हाथ के इशारों से ट्रैफिक नियंत्रित कर रहे थे। इसी दौरान बारा बिरवा चौराहे की ओर से आ रही एक कार को रोका गया लेकिन चालक नियम तोड़ते हुए आगे बढ़ गया। सिपाही ने जब उसे रुकने का इशारा किया तो आरोपी कार से उतरा और उनके हाथ पर जोरदार थप्पड़ मार दिया। इससे उनके हाथ में पकड़ा मोबाइल नीचे गिर गया। इसके बाद कार सवार ने गाड़ी आगे ले जाकर खड़ी कर दी और खुद ही वीडियो बनाने लगा। सिपाही ने उसे ऐसा करने से मना किया लेकिन आरोपी ने बीच सड़क पर कार तिरछी खड़ी कर दी। जिससे यातायात बाधित हो गया। जब गाड़ी हटाने के लिए कहा गया तो उसने सिपाही के ऊपर कार चढ़ाने का प्रयास किया। घटना के दौरान मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। भीड़ बढ़ती देख आरोपी मौके से फरार हो गया। सिपाही ने गाड़ी नंबर के आधार पर कृष्णा नगर थाने में शिकायत दर्ज कराई है। इंस्पेक्टर पीके सिंह ने बताया कि लापरवाही, सरकारी काम मे बाधा डालने का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और गाड़ी नंबर के आधार पर आरोपी की तलाश की जा रही है।
जोधपुर पुलिस कमिश्नरेट की 65 टीमों ने 412 जगहों पर छापेमारी की। 88 फरार वांटेंड बदमाशों को गिरफ्तार किया। झांवर पुलिस स्टेशन की टीम ने नशीले पदार्थों की अवैध तस्करी (NDPS एक्ट के तहत) में शामिल एक तस्कर को गिरफ्तार किया। आरोपी के पास 18 किलोग्राम से अधिक अवैध अफीम के डोडे जब्त किए। यह एरिया डोमिनेशन अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। पुलिस आयुक्त शरत कविराज ने बताया- क्राइम कंट्रोल और वांछित अपराधियों की धरपकड़ के लिए डीसीपी (जिला पूर्व) मनीष कुमार चौधरी और डीसीपी (जिला पश्चिम) कमल शेखावत के सुपरविजन में यह विशेष अभियान चलाया गया। इस अभियान में जिला पूर्व एवं पश्चिम के 404 अधिकारियों व जवानों की 65 टीमों ने भाग लिया। इस सघन तलाशी अभियान में एएसपी सिद्धांत शर्मा के नेतृत्व में एजीटीएफ (AGTF) के 30 अधिकारियों व जवानों तथा ईआरटी (ERT) के 90 जवानों ने जोधपुर पुलिस के साथ संयुक्त कार्यवाही की। विभिन्न थाना क्षेत्रों में हुई अहम कार्रवाइयां अभियान के तहत कुल 88 फरार, इनामी और वांछित बदमाशों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें 52 आरोपी स्थाई वारंटी और उद्घोषित अपराधी हैं, जबकि दो हिस्ट्रीशीटर शामिल हैं। इसके अलावा 33 व्यक्तियों के खिलाफ निरोधात्मक कार्यवाही की गई है। लूणी थाना पुलिस ने एक गैंग के 7 बदमाशों को गिरफ्तार किया है। जबकि, देवनगर थाना पुलिस ने आबकारी एक्ट के तहत एक मामला दर्ज किया, वहीं एयरपोर्ट थाना पुलिस ने अवैध हथियार (आर्म्स एक्ट) के तहत कार्यवाही करते हुए 19 जिंदा कारतूस और एक धारदार चाकू बरामद कर प्रकरण दर्ज किया है। झंवर में 18 किलो से अधिक डोडा पोस्त बरामद एरिया डोमिनेशन अभियान के तहत झंवर थाना पुलिस ने मादक पदार्थों के खिलाफ कार्यवाही की है। एसीपी (वृत्त बोरानाडा) आनन्दसिह राजपुरोहित के सुपरविजन में झंवर थानाधिकारी प्रहलाद सिंह की टीम ने 23 अप्रैल की देर रात करीब 11 बजे लुणावास खारा स्थित विष्णु की ढाणी में किशनाराम बिश्नोई के घर दबिश दी। आरोपी साला गिरफ्तार, पूछताछ जारी पुलिस ने किशनाराम के घर से उसके साले के कब्जे से 18.675 किलोग्राम अवैध डोडा पोस्त बरामद किया। पुलिस ने अवैध मादक पदार्थ रखने के आरोप में मामला दर्ज कर जोधपुर पश्चिम के नैणासर कागनाडा (लूणी) निवासी अशोक बिश्नोई (23) पुत्र बाबुलाल को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस आरोपी से मादक पदार्थ की खरीद-फरोख्त को लेकर अग्रिम अनुसंधान कर रही है।
यमुना एक्सप्रेस-वे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) अपनी स्थापना के 25 वर्ष पूरे होने का रजत जयंती वर्ष मना रहा है। इस अवसर पर प्राधिकरण के सीईओ राकेश कुमार सिंह ने बताया कि YEIDA अब उत्तर प्रदेश के सबसे बड़े औद्योगिक केंद्रों में से एक बन गया है। मास्टर प्लान 2041 की मंजूरी के बाद यह क्षेत्र वैश्विक निवेश के लिए तैयार है। इस क्षेत्र के विकास में जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की महत्वपूर्ण भूमिका है, जिसका उद्घाटन 28 मार्च 2026 को हुआ था। यह हवाई अड्डा न केवल यात्रियों के आवागमन को सुगम बना रहा है, बल्कि लॉजिस्टिक्स और वैश्विक व्यापार को भी नई गति दे रहा है। इसके अतिरिक्त, यमुना एक्सप्रेस-वे अब दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे और अन्य प्रमुख कॉरिडोर से जुड़कर देश का एक प्रमुख कनेक्टिविटी हब बन गया है। यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में अब तक 3,000 से अधिक औद्योगिक इकाइयों को भूमि आवंटित की जा चुकी है। इससे लगभग 50,000 करोड़ रुपये के निवेश और 4 लाख रोजगार सृजित होने की उम्मीद है। भविष्य की प्रमुख परियोजनाओं में उत्तर भारत की पहली सेमीकंडक्टर यूनिट और इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर शामिल हैं। सेक्टर-21 में 1000 एकड़ में एक आधुनिक इंटरनेशनल फिल्म सिटी भी प्रस्तावित है। इसके साथ ही, मेडिकल डिवाइस पार्क, फिनटेक पार्क और अपैरल पार्क जैसे विशेष क्लस्टर तेजी से विकसित किए जा रहे हैं। जापानी, कोरियन और सिंगापुर सिटी जैसी अंतरराष्ट्रीय टाउनशिप की भी योजना है। प्राधिकरण का विकास केवल उद्योगों तक सीमित नहीं है। 'अभ्युदय कंपोजिट विद्यालय' योजना के माध्यम से ग्रामीण शिक्षा को विश्वस्तरीय बनाया जा रहा है। वहीं, मथुरा में हेरिटेज सिटी और टप्पल-बजाना अर्बन सेंटर के जरिए पर्यटन और शहरीकरण का संतुलित विकास किया जा रहा है। मास्टर प्लान 2041 के तहत लगभग 37 लाख की आबादी को बसाने का लक्ष्य है। अपनी रणनीतिक स्थिति और अत्याधुनिक बुनियादी ढांचे के कारण, YEIDA आने वाले वर्षों में भारत और दुनिया के सबसे प्रमुख निवेश केंद्रों में से एक बनने की ओर अग्रसर है।
सीकर में आज नर्सिंग ऑफिसर्स ने मशाल जुलूस निकाला। SK मेडिकल कॉलेज के नर्सिंग ऑफिसर्स के 106 समेत पैरामेडिकल स्टाफ के पद लैप्स करने के विरोध में प्रदर्शन किया गया। नर्सिंग कार्मिकों ने संगठन एकता के नारे लगाए और रेगुलर पोस्ट्स को बहाल करने की मांग की है। मशाल जुलूस में बड़ी संख्या में SK मेडिकल कॉलेज से संबद्ध SK हॉस्पिटल और जनाना हॉस्पिटल के नर्सिंगकर्मी शामिल हुए। नर्सिंग ऑफिसर्स ने SK जिला अस्पताल से मशाल जुलूस शुरु किया। मशाल जुलूस रानी महल, कल्याण सर्किल होते हुए तापड़िया बगीची पर संपन्न हुआ। NO रामनिवास चाहर ने बताया कि सीकर मेडिकल कॉलेज समेत प्रदेश के 7 मेडिकल कॉलेज में रेगुलर नर्सिंग ऑफिसर्स के लैप्स किए जा रहे हैं। ऐसा होने की वजह से मरीजों को भटकना पड़ेगा और नर्सिंग स्टूडेंट्स भी भविष्य को लेकर परेशान हो जाएंगे। नर्सिंग यूनियन के महेंद्र फोगाट ने कहा कि बिना किसी दूसरी व्यवस्था के सीकर मेडिकल कॉलेज में 106 नर्सिंग कर्मियों के पद लैप्स कर दिए। सरकार रेगुलर स्टाफ की जगह संविदाकर्मियों की भर्ती कर रही है। मेडिकल कॉलेज शुरु करने के लिए सरकार ने 2018 में नर्सिंग कर्मियों के लिए रेगुलर पोस्ट फिक्स की थीं, अब 5 मार्च को इन पदों को लैप्स कर दिया। सरकार की मनमर्जी की वजह से नर्सिंग कर्मी परेशान हो रहे हैं। नर्सिंग ऑफिसर सुभिता कुमारी ने कहा कि सीकर में 106 नर्सिंग ऑफिसर के अलावा 20 लैब टेक्नीशियन की पोस्ट भी लैप्स कर दी गईं। सरकार ने प्रदेशभर के 7 मेडिकल कॉलेज में कुल 746 पर्मानेंट नर्सिंग ऑफिसर्स की पोस्ट खत्म करके हमें आर्थिक संकट मेञ डाल दिया है। अभी सरकार ने कहा है कि नई पोस्ट क्रिएट करके समायोजन कर दिया जाएगा, लेकिन आधिकारिक रुप से कोई लैटर जारी नहीं हुआ है। सरकार ने सभी पोस्ट्स को रीस्टोर नहीं किया तो आंदोलन को उग्र किया जाएगा।
जिला बार एसोसिएशन मेरठ के वर्ष 2026-27 के चुनाव परिणाम घोषित कर दिए गए हैं। मतगणना में रविन्द्र कुमार सिंह के अध्यक्ष पद और प्रशांत गुप्ता के महामंत्री पद वाले पैनल ने शानदार जीत दर्ज की है। इस पैनल के सभी उम्मीदवार कार्यकारिणी के कुल 21 पदों पर विजयी हुए हैं। वरिष्ठ उपाध्यक्ष पद पर संजय कुमार और योगेन्द्र शर्मा ने जीत हासिल की। सरलेश भारद्वाज कोषाध्यक्ष चुने गए, जबकि चकरेश भगेला संयुक्त मंत्री प्रशासन और विनय कुमार संयुक्त मंत्री पुस्तकालय पद पर विजयी रहे। कुछ पदों पर उम्मीदवार निर्विरोध चुने गए। इनमें संयुक्त मंत्री पुस्तकालय पद पर सदाकत अली और उपाध्यक्ष पद पर संजय त्यागी शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, वरिष्ठ कार्यकारिणी के 06 पदों पर प्रीति पंवार, मनवीर सिंह, आयशा परवीन, प्रशांत कुमार, रूपेन्द्र कुमार और जुल्फिकार अली निर्विरोध चयनित हुए। अध्यक्ष पद के लिए रविन्द्र कुमार सिंह को 437 मत मिले, जबकि उनके प्रतिद्वंद्वी राजीव कुमार नागर को 218 मत प्राप्त हुए। महामंत्री पद पर प्रशांत गुप्ता ने 399 मतों के साथ जीत दर्ज की, वहीं देवेन्द्र शर्मा को 256 मत मिले। कनिष्ठ उपाध्यक्ष पद पर संजय कुमार को 368, योगेन्द्र शर्मा को 319, तनुज शर्मा को 193 और अमरीश कुमार को 141 मत मिले। कोषाध्यक्ष पद पर सरलेश भारद्वाज ने 405 मत प्राप्त किए, जबकि रेखा को 241 मत मिले। संयुक्त मंत्री प्रशासन पद पर चकरेश भगेला को 429 मत और इन्द्रपाल को 210 मत प्राप्त हुए। संयुक्त मंत्री पुस्तकालय पद पर विनय कुमार को 421 मत और प्रदीप कुमार को 213 मत मिले। कार्यकारिणी के अन्य विजयी सदस्यों में अजय कुमार वर्मा (410 मत), पूर्व अग्रवाल (406 मत), अर्शी अफसर (363 मत), काजल (460 मत), रविकार मावी (446 मत) और सनाशेख (379 मत) शामिल हैं। हरीश पायल को 276 मत और ललित कुमार को 248 मत प्राप्त हुए।
शिवपुरी जिले की भौंती थाना पुलिस ने साइबर ठगी के एक बड़े मामले का खुलासा करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने फर्जी महिला अकाउंट बनाकर लोगों को ब्लैकमेल किया और ठगी के पैसों से एक बोलेरो गाड़ी खरीदी थी। पुलिस के अनुसार, आरोपी महिलाओं के नाम से फर्जी व्हाट्सएप अकाउंट बनाता था। वह अश्लील चैट और तस्वीरें भेजकर स्क्रीन रिकॉर्डिंग करता था। बाद में इन्हीं रिकॉर्डिंग का इस्तेमाल कर खुद को पुलिस अधिकारी बताकर पीड़ितों को दुष्कर्म या चाइल्ड पोर्नोग्राफी जैसे झूठे मामलों में फंसाने की धमकी देता था। डर का माहौल बनाकर, आरोपी केस सेटलमेंट के नाम पर पीड़ितों से मोटी रकम वसूलता था। इसी ठगी के पैसे से उसने एक महिंद्रा बोलेरो गाड़ी खरीदी थी। 'ऑपरेशन मैट्रिक्स' में की गई कार्रवाई साइबर अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे 'ऑपरेशन मैट्रिक्स' अभियान के तहत भौंती थाना पुलिस ने कार्रवाई की। पुलिस ने फरार आरोपी पुष्पेंद्र लोधी (25) निवासी ग्राम तिंधारी को मनपुरा तिराहा से गिरफ्तार किया। आरोपी के कब्जे से ठगी की रकम से खरीदी गई महिंद्रा बोलेरो (कीमत करीब 11 लाख रुपए) और एक वीवो मोबाइल फोन जब्त किया गया है। कुल जब्त मशरुका की कीमत 11.10 लाख रुपए बताई गई है। आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर उसे पिछोर न्यायालय में पेश किया जा रहा है। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक घनश्याम भदौरिया सहित पुलिस टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने कहा है कि बीजेपी ने हॉर्स ट्रेडिंग से सरकारें गिराईं, राजस्थान में भी कसर नहीं रखी। ये बार बार सीएम भजनलाल और मदन राठौड़ हमारे हमारे ऊपर बोलते हैं। वो चाहते हैं कि सचिन पायलट का नाम लूं कि ये लोग मानेसर गए थे। वो चाहते हैं कि नाम लें तो इनकी लड़ाई शुरू हो जाए। मैं इनको दोष देता हूं। तुमने हॉर्स ट्रेडिंग कितने लोगों के साथ की, आपने छोड़ा क्या राजस्थान वालों को? हम तो एकजुट हैं। गहलोत जयपुर में मीडिया से बातचीत कर रहे थे। गहलोत ने कहा- इनको पूछो आपने कोई कमी रखी क्या राजस्थान में? 34 दिन होटल में रहे हम लोग इनके कुकर्मों से, कुकृत्यों से। बीजेपी के जो नेता लोग थे तो जनता समझ नहीं रही है क्या? ठीक है, चुनाव में हम लोग कामयाब नहीं पाए। पीएम मोदी औ अमित शाह ने खूब झूठ बोले थे। चुनाव जीतना अलग बात है, पर जो तमाशा कर रहे हैं लोग, कहां कहां नहीं हो रहा है। गहलोत ने कहा- वेस्ट बंगाल में क्या हो रहा है सब देख रहे हैं। इनका विश्वास नहीं है डेमोक्रेसी में, और अगर अभी नई पीढ़ी देश की नहीं समझी, देश वाले नहीं समझेंगे तो सबको भुगतना पड़ेगा। पहले बीजेपी ने राघव चड्ढा को भी तंग किया था राघव चड्डा के बीजेपी में शामिल होने के मुद्दे पर गहलोत ने कहा- बीजेपी वाले अपनी हरकतों से बाज नहीं आएंगे। ये देश में लगातार डेमोक्रेसी की हत्या कर रहे हैं। सबके सामने डेमोक्रेसी कमजोर हो रही है ये मानना पड़ेगा। सब एजेंसियां इनके काबू में हैं,राज्यसभा सासंद मित्तल के अभी छापे पड़े। पहले बीजेपी ने राघव चड्ढा को भी तंग किया था, बाकी सासंदों के नाम इन्होंने शराब घोटाले में नाम डाल रखे थे। पर पूरा देश देख रहा है कि क्या हो रहा है? बीजेपी ने हॉर्स ट्रेडिंग से सरकारें गिराईं गहलोत ने कहा- मोदी और अमित शाह को भ्रम है। अब इनका भ्रम टूटेगा। पूरे मुल्क में लोग समझ गए हैं कि ये हिंदुत्व के नाम पर राजनीति करते हैं। हिंदुत्व को मजबूत करने क्या काम किया? खाली भड़काने के अलावा क्या काम किया ? और अब देखिए आज ये घटना हुई है, कम घटना है क्या? वाशिंग मशीन लगी हुई है, सब बिल्कुल ठीक हो जाएंगे। किसी खिलाफ में कोई केस रहेगा ही नहीं। ये वाशिंग मशीन जो पकड़ रखी इन्होंने , कांग्रेस के लोगों को तोड़ा इन्होंने महाराष्ट्र में, कर्नाटक में, मध्य प्रदेश में, यहां पर भी कमी नहीं रखी।
मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) द्वारा राज्य सेवा एवं वन सेवा प्रारंभिक परीक्षा-2026 रविवार, 26 अप्रैल को आयोजित की जाएगी। देवास जिला मुख्यालय पर इस परीक्षा में 2,220 परीक्षार्थी शामिल होंगे। संभागीय पर्यवेक्षक रमन सिंह सिकरवार (सेवानिवृत्त डीआईजी, उज्जैन रेंज) ने शुक्रवार को देवास के परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। उन्होंने परीक्षा की तैयारियों का जायजा लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। जिला मुख्यालय पर कुल 7 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। प्रत्येक केंद्र पर निरीक्षण के लिए उड़नदस्ता दल का गठन किया गया है, जिसमें अधिकारी और कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। प्रारंभिक परीक्षा दो सत्रों में होगी। सामान्य अध्ययन का प्रथम प्रश्न पत्र सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक आयोजित होगा। सामान्य अभिरुचि परीक्षण का द्वितीय प्रश्न पत्र दोपहर 2:15 बजे से शाम 4:15 बजे तक चलेगा। परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्र पर 90 मिनट पहले पहुंचना अनिवार्य होगा। दोनों सत्रों में परीक्षार्थियों की त्रिस्तरीय जांच की जाएगी, जिसके बाद ही उन्हें परीक्षा कक्ष में प्रवेश दिया जाएगा।
कुरुक्षेत्र जिले के पिहोवा में गुहला-चीका रोड पर ट्रैक्टर-ट्रॉली के नीचे कुचले जाने से 17 साल के स्टूडेंट की मौके पर मौत हो गई। स्टूडेंट बाइक पर अपने पिता के साथ किसी काम से दूसरे गांव जा रहा था। सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची तथा शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। मृतक की पहचान देवेंद्र निवासी मोहनपुर गांव के रूप में हुई। देवेंद्र ने हाल ही में 10वीं क्लास के एग्जाम दिए थे। एक्सीडेंट में उसके पिता सुरेंद्र सिंह को चोटें लगी हैं। घटना के बाद आरोपी ड्राइवर मौके पर ट्रैक्टर-ट्रॉली छोड़कर फरार हो गया। पुलिस ने ट्रैक्टर-ट्राॅली को अपने कब्जे में ले लिया। पिता के साथ जा रहा था दूसरे गांव पुलिस के मुताबिक, देवेंद्र अपनी पिता सुरेंद्र सिंह के साथ बाइक पर पास के गांव कलसा जा रहा था। इसी दौरान गांव मोहनपुर के पास ही मोड़ पर सामने से आई तेज रफ्तार ट्रैक्टर-ट्रॉली ने उनकी बाइक में टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही देवेंद्र ट्रैक्टर के पहिए के नीचे आ गया। इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पिता को लगीं चोटें टक्कर के बाद उसका पिता बाइक समेत कच्ची सड़क पर गिर गया, जिससे उसकी जान बच गई। उधर, जांच अधिकारी SI हंसराज ने बताया कि कल शव का पोस्टमॉर्टम कराया जाएगा। बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी। पुलिस ट्रैक्टर-ट्रॉली को अपने कब्जे में लिया है।
जोधपुर में भीषण गर्मी के कारण जिला कलेक्टर ने सभी निजी और सरकारी स्कूलों के समय में बदलाव किया हैं। नर्सरी से लेकर 8वीं कक्षा तक के छात्रों के लिए स्कूल का समय बदलकर सुबह 7:30 बजे से 11:30 बजे तक कर दिया गया है। ज़िला कलेक्टर आलोक रंजन ने कहा- आने वाले दिनों के लिए मौसम विभाग द्वारा जारी की गई भीषण गर्मी और लू (अत्यधिक गर्मी) की चेतावनी को देखते हुए स्कूल के समय में बदलाव किया गया है। सभी स्कूलों पर लागू होगा आदेश जिले के सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूलो में अध्ययनरत कक्षा प्री-प्राइमरी, कक्षा 1 से 8 तक के विद्यार्थियों तथा आंगनबाड़ी केन्द्रों के बच्चों के लिए 25 अप्रैल से अगले आदेश तक विद्यालयों का समय प्रातः 7:30 बजे से 11:30 बजे तक निर्धारित किया गया है। निर्देश केवल विद्यार्थियों के लिए लागू आदेशानुसार संशोधित समय केवल विद्यार्थियों पर लागू होगा। शेष शैक्षणिक एवं गैर-शैक्षणिक स्टाफ का समय पहले की तरह ही रहेगा।
मैहर कोतवाली पुलिस ने एक नाबालिग से रेप करने वाले 26 वर्षीय आरोपी राज सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी ने शादी का झांसा देकर पीड़िता का शारीरिक शोषण किया था। पुलिस ने शुक्रवार को आरोपी को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे मैहर उप जेल भेज दिया गया है। एक साल पहले मिले थे पुलिस के अनुसार, पीड़िता की पहचान वर्ष 2025 में राज सिंह से हुई थी, जिसके बाद दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई। पीड़िता ने 16 अप्रैल को थाने में शिकायत दर्ज कराते हुए बताया कि आरोपी ने नवंबर 2025 में उसे पहली बार मैहर बुलाया और उसके साथ रेप किया। होटल में दोबारा रेप किया शिकायत में उल्लेख है कि आरोपी ने 12 अप्रैल 2026 को पीड़िता को दोबारा मैहर बुलाया। यहां एक होटल में उसने शादी का झांसा देकर फिर से नाबालिग के साथ दुष्कर्म किया। घटना के बाद पीड़िता ने परिजनों के साथ कोतवाली पहुंचकर मामले की जानकारी दी, जिसके आधार पर पुलिस ने तत्काल प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की। कौशांबी से आरोपी को पकड़ा इसके बाद पुलिस ने आरोपी राज सिंह को उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले से गिरफ्तार किया। आरोपी पिपरी थाना क्षेत्र के ग्राम केरई का रहने वाला है। कोतवाली पुलिस की इस कार्रवाई के बाद आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई।
पंचकूला पुलिस ने कार चोरी के एक मामले में तुरंत कार्रवाई करते हुए सफलता हासिल की है। कालका थाना टीम ने महज चार घंटे के भीतर चोरी हुई कार बरामद कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। यह मामला 23 अप्रैल को कालका थाना में दर्ज किया गया था। शिकायतकर्ता महिला ने बताया कि उनके पति ने 22 अप्रैल की रात करीब 9:30 बजे अपनी मारुति एस्टीम कार घर के बाहर खड़ी की थी। अगली सुबह करीब 7:30 बजे जब उन्होंने देखा तो गाड़ी मौके से गायब थी। काफी तलाश के बाद भी गाड़ी का कोई सुराग नहीं मिला, जिसके बाद उन्होंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पंजाब का रहने वाला युवक अरेस्ट डीसीपी पंचकूला सृष्टि गुप्ता ने बताया कि शिकायत के आधार पर कालका थाना में वाहन चोरी का मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। जांच के दौरान, एएसआई प्रवीण कुमार के नेतृत्व में टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई की। महज चार घंटे के भीतर, आरोपी जसविंद्र सिंह, निवासी गांव महरौली सियाल, जिला मोहाली (पंजाब) को चोरी की गई कार सहित मोहाली से पकड़ लिया गया। पूछताछ के दौरान आरोपी से चोरी की गई मारुति एस्टीम कार बरामद कर ली गई। आरोपी को आज कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पूछताछ में आरोपी जसविंद्र सिंह ने इस वारदात में शामिल अपने एक अन्य साथी का भी खुलासा किया है। पंचकूला पुलिस अब उसकी निशानदेही पर सह-आरोपी की गिरफ्तारी के प्रयास कर रही है।
कोरबा में ट्रेलर के नीचे बैठकर सफर करता युवक:वीडियो वायरल होने पर पुलिस ने कार्रवाई की बात कही
कोरबा में एक युवक का ट्रेलर के डाला के नीचे खतरनाक तरीके से यात्रा करने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में ट्रेलर क्रमांक सीजी 12 एस 5346 के डाला के नीचे पैनल में बैठा एक युवक चलती गाड़ी में सफर करता दिख रहा है। बताया जा रहा है कि यह ट्रेलर बालको से नकटीखार होते हुए उरगा की ओर जा रहा था। इसी दौरान किसी राहगीर ने अपने चार पहिया वाहन से इस घटना का वीडियो बनाया और सोशल मीडिया पर शेयर कर दिया। वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। कई यूजर्स ने वाहन चालक और युवक दोनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है, क्योंकि इस तरह की यात्रा जानलेवा हो सकती है। कुछ लोगों ने वीडियो बनाने वाले से गाड़ी रुकवाकर पुलिस को सूचित करने की बात भी कही है। ड्राइवर और युवक के खिलाफ होगी कार्रवाई पुलिस ने इस मामले का संज्ञान लिया है। कोरबा सीएसपी प्रतीक चतुर्वेदी ने बताया कि वायरल वीडियो के आधार पर गाड़ी नंबर की पहचान कर वाहन चालक और युवक के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने यह भी बताया कि सोशल मीडिया पर 'रील' बनाने या लोकप्रियता हासिल करने के चक्कर में अक्सर युवक इस तरह के जानलेवा जोखिम उठाते हैं।
छतरपुर में स्थानीय न्यायालय ने 17 साल पुराने मारपीट और रंगदारी के एक मामले में आरोपी सदाफल को दोषी ठहराया है। अदालत ने सदाफल को भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 329 के तहत 5 साल के सश्रम कारावास और 500 रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। जिला लोक अभियोजन अधिकारी (डीपीओ) प्रवेश अहिवार ने बताया कि यह घटना 13 अगस्त 2009 की शाम करीब 7 बजे की है। पीड़ित पैश्वनीदीन, जो उस समय बीएलओ (बूथ लेवल ऑफिसर) के रूप में कार्यरत थे, बदोराकला के मुख्य मार्ग स्थित हाई स्कूल के सामने से गुजर रहे थे। तभी आरोपियों ने उन्हें रास्ते में रोक लिया और जातिसूचक व अभद्र गालियां दीं। फावड़े और लाठियों से किया था हमला आरोपियों ने पैश्वनीदीन पर वोटर लिस्ट में उनके नाम न जोड़ने का आरोप लगाया। उन्होंने शराब और मुर्गे के लिए 1000 रुपए की मांग की। जब पीड़ित ने पैसे देने से इनकार किया, तो आरोपी स्वामीदीन ने लोहे के फावड़े से और सदाफल, भुक्कड़ व हल्काईयां ने लाठियों से उन पर हमला कर दिया। इस हमले में पैश्वनीदीन को सिर, पीठ, कंधे और जांघ पर गंभीर चोटें आईं। बीच-बचाव करने आए गवाहों को भी आरोपियों ने जान से मारने की धमकी दी थी। पुलिस ने इस मामले में धारा 341, 294, 323, 324, 327, 506 और 34 के तहत मामला दर्ज किया था। विचारण के दौरान आरोपी सदाफल ने खुद को निर्दोष बताया और दावा किया कि उसे रंजिश के चलते फंसाया गया है। हालांकि, न्यायालय ने उपलब्ध साक्ष्यों और गवाहों के बयानों के आधार पर उसे दोषी पाया और सजा सुनाई।
लखनऊ के गोमतीनगर स्थित गायत्री शक्तिपीठ में शुक्रवार को आध्यात्मिक ऊर्जा और श्रद्धा का अनूठा संगम देखा गया। यहां सामूहिक मंत्र लेखन और दीपयज्ञ कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में गायत्री परिवार के श्रद्धालु शामिल हुए। इस आयोजन का उद्देश्य केवल पूजा-अर्चना तक सीमित नहीं था, बल्कि समाज में सकारात्मक चेतना और मानसिक संतुलन का संदेश देना भी था। कार्यक्रम की शुरुआत मंत्र लेखन साधना से हुई। इसमें श्रद्धालुओं ने एकाग्रता से गायत्री मंत्र का लेखन किया। परिसर में शांत वातावरण, मंत्रों की गूंज और दीपों की रोशनी ने एक दिव्य माहौल निर्मित किया। आयोजकों ने बताया कि यह साधना व्यक्ति के मन, विचार और व्यवहार को शुद्ध करने का माध्यम है। मंत्र लेखन साधना मजबूत आध्यात्मिक सुरक्षा कवच मुख्य ट्रस्टी शिव शंकर मिश्रा ने बताया कि वर्तमान समय में बढ़ती सामाजिक और मानसिक चुनौतियों के बीच मंत्र लेखन साधना एक मजबूत आध्यात्मिक सुरक्षा कवच का कार्य करती है। उन्होंने कहा कि महाकाल की सूक्ष्म प्रेरणा से यह बहुप्रतीक्षित आयोजन संभव हो पाया है, जो लोगों को आत्मिक शांति और सकारात्मक दिशा प्रदान करता है। समापन दीपयज्ञ के साथ हुआ मिश्रा ने श्रद्धालुओं से ऐसे आध्यात्मिक अवसरों का लाभ उठाने और अपनी सहभागिता सुनिश्चित करने की अपील की। कार्यक्रम में शामिल होने वाले लोगों को अपनी मंत्र लेखन पुस्तिका और लेखनी साथ लाने के निर्देश पहले ही दिए गए थे, ताकि साधना में कोई व्यवधान न हो।कार्यक्रम का समापन दीपयज्ञ के साथ हुआ, जिसमें श्रद्धालुओं ने देश और समाज की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की। इस आयोजन ने यह संदेश दिया कि चुनौतीपूर्ण समय में आध्यात्मिक साधना ही मनुष्य को स्थिरता और शक्ति प्रदान कर सकती है।
अयोध्या वासियों को एक और बड़ी सौगात मिलने जा रही है। भारतीय रेलवे अयोध्या वासियों के लिए अयोध्या कैंट रेलवे स्टेशन से मुंबई के बीच नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन जल्द शुरू जा रही है। 28 अप्रैल को नरेंद्र मोदी वाराणसी से इस ट्रेन को हरी झंडी दिखाएंगे। बनारस–हडपसर (पुणे) अमृत भारत एक्सप्रेस का नोटिफिकेशन जारी हो चुका है, जबकि अयोध्या मुंबई ट्रेन का आधिकारिक नोटिफिकेशन जल्द आने की उम्मीद है। ट्रेन के संभावित रूट को लेकर अभी स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई है, लेकिन पूर्वांचल से मध्य भारत होते हुए मुंबई तक कनेक्टिविटी बेहतर होने की संभावना है। अमृत भारत ट्रेन की शुरू होने से अयोध्या आने वाले लाखों श्रद्धालु को सहुलियत मिलेगी, तो वहीं अयोध्या, गोंडा, बस्ती समेत कई जनपदों के लोगों को भी मुंबई आने जाने में आसानी होगी। इससे पहले साकेत एक्सप्रेस अयोध्या कैंट से स्टेशन से मुंबई के बीच ट्रेन संचालित हो रहा है। जिसके बुकिंग की हमेशा दिक्कत बनी रहती है।
सूरजपुर जिले से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहां शराब के नशे में पति ने अपनी पत्नी की कथित तौर पर मारपीट कर हत्या कर दी। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई है। पुलिस ने आरोपी पति को हिरासत में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार मामला कोतवाली थाना क्षेत्र के देवनगर का है। बताया जा रहा है कि बीती रात संतलाल ने शराब के नशे में अपनी पत्नी चिंतामनी (40) के साथ जमकर मारपीट की। गंभीर चोट लगने से महिला की मौत हो गई। परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप घटना के बाद मृतका के परिजनों ने आरोप लगाया है कि चिंतामनी के शरीर पर कई जगह चोट के निशान हैं। साथ ही उन्होंने निजी अंग में सूजन होने की बात भी कही है। परिजनों ने मामले की निष्पक्ष जांच और कड़ी कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने क्या कहा पुलिस के मुताबिक प्रथम दृष्टया मामला हत्या का प्रतीत हो रहा है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपी पति ने शराब के नशे में पत्नी के साथ मारपीट की, जिससे उसकी मौत हुई। वहीं निजी अंग में किसी अनैतिक वस्तु डालने जैसी आशंका से पुलिस ने फिलहाल इनकार किया है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और विस्तृत जांच के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट होगी। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। रिपोर्ट आने के बाद मौत के सही कारणों का खुलासा हो सकेगा। मामले में आगे की जांच जारी है।
IIM लखनऊ में शुक्रवार को ESG शिखर सम्मेलन 2026’ का आयोजन हुआ। इस सम्मेलन का मकसद उत्तर प्रदेश के MSME (सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम) को आसान और व्यवहारिक तरीकों से ग्लोबल बाजार तक पहुंचाना रहा। इन्हीं को ध्यान में रखते हुए AFC India Limited ने India ESG Alliance के साथ मिलकर यह कार्यक्रम आयोजित किया। इसमें उद्यमियों, नीति-निर्माताओं, बैंकों और उद्योग जगत के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। 150 MSME ग्रुप शामिल सम्मेलन में वस्त्र, हस्तशिल्प, चमड़ा और कृषि आधारित क्षेत्रों से जुड़े करीब 150 MSME शामिल हुए। इनमें पारंपरिक कारोबार करने वाले परिवारों से लेकर नए स्टार्टअप उद्यमी भी शामिल रहे, जो अपने बिजनेस को बड़े बाजार तक ले जाना चाहते हैं। ESG गाइडलाइन लॉन्च कार्यक्रम में MSME के लिए एक खास ESG गाइडलाइन जारी की गई। इसमें आसान भाषा में बताया गया कि छोटे उद्योग पर्यावरण, सामाजिक जिम्मेदारी और बेहतर प्रबंधन के नियमों को कैसे अपनाएं। इससे उन्हें बेहतर दाम, नए बाजार और फाइनेंस के मौके मिल सकते हैं। सरल सत्रों में मिली उपयोगी जानकारी दिनभर चले सत्रों में विशेषज्ञों ने बिना कठिन तकनीकी भाषा के समझाया कि छोटे व्यवसाय निर्यात कैसे बढ़ा सकते हैं, लागत कैसे कम कर सकते हैं और फाइनेंस तक पहुंच कैसे बना सकते हैं। इस दौरान विशेषज्ञों ने कहा कि अगर यूपी के MSME अंतरराष्ट्रीय मानकों को अपनाते हैं, तो उनके लिए बड़े अवसर खुल सकते हैं। साथ ही ग्रीन फाइनेंस और नए बाजारों तक पहुंच भी आसान हो जाएगी। उन्होंने यह भी जोर दिया कि छोटे उद्यम तभी बदलाव अपनाते हैं, जब उन्हें उसका सीधा फायदा दिखता है।
विदिशा जिले के कुरवाई में एक सड़क हादसे में दो युवकों की मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। यह घटना ग्राम पैराखेड़ी के पास हुई, जहां एक तेज रफ्तार ट्राले ने बारातियों की कार को टक्कर मार दी। जानकारी के अनुसार, देवास निवासी संदीप सूर्य और राजा चिकवाले की शादी बीना निवासी अशोक अहिरवार की बेटियों से होनी थी। बारात बीना की ओर जा रही थी, तभी यह हादसा हुआ। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। हादसे में इंदौर निवासी अमित आमकरे और महिम दरबार को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। अशोक भिंडिया और प्रतीष भेडिया गंभीर रूप से घायल हुए, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद जिला चिकित्सालय रेफर किया गया। कार में सवार देवराज नामक एक अन्य युवक सुरक्षित बताया गया है। घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया हादसे की सूचना मिलते ही एसडीएम मनीष कुमार जैन, एसडीओपी रोशनी ठाकुर और नायब तहसीलदार देवदीप सिंह अस्पताल पहुंचे। डॉ. दिलीप नागर और डॉ. कुलदीप ठाकुर की टीम ने घायलों का तुरंत उपचार शुरू किया। राहगीर आकाश तिवारी ने घायलों को अपने वाहन से अस्पताल पहुंचाया। डायल 112 के जवानों ने मलबे में फंसे लोगों को बाहर निकाला। इस बीच, टोल कंपनी पर समय पर एम्बुलेंस उपलब्ध नहीं कराने के आरोप लगे हैं। पुलिस ने ट्राले को जब्त कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
हनुमानगढ़ में राजस्थान में पंचायतों और नगरीय निकायों के चुनाव लंबे समय से लंबित रहने के विरोध में शनिवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। पंचायतीराज दिवस के अवसर पर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर राजीव गांधी पंचायती राज संगठन के बैनर तले जिला कांग्रेस कार्यालय से जिला कलक्ट्रेट तक रोष मार्च निकाला गया। प्रदर्शन के बाद प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर शीघ्र चुनाव कराने की मांग उठाई गई। संगठन के जिलाध्यक्ष वारिस अली ने कहा कि पंचायत व निकाय चुनाव में देरी लोकतांत्रिक व्यवस्था पर सीधा प्रहार है। उन्होंने आरोप लगाया कि संविधान के अनुसार हर पांच वर्ष में चुनाव कराना अनिवार्य है। वारिस अली ने बताया कि सात वर्ष बीतने के बावजूद चुनाव नहीं कराए गए हैं। उन्होंने कहा कि नगरीय निकाय चुनाव करीब दो वर्ष और पंचायतीराज चुनाव एक वर्ष से अधिक समय से लंबित हैं, जिससे स्थानीय स्वशासन प्रणाली प्रभावित हो रही है। कांग्रेस जिलाध्यक्ष मनीष मक्कासर ने कहा कि निर्वाचित जनप्रतिनिधियों के स्थान पर प्रशासकों की नियुक्ति कर दी गई है। इससे जनता की भागीदारी और जवाबदेही कमजोर हुई है। यह स्थिति लोकतंत्र की मूल भावना के विपरीत है और नागरिकों के अधिकारों का उल्लंघन है। ज्ञापन में कहा गया कि चुनाव नहीं होने से मताधिकार का हनन हो रहा है और संविधान की मूल भावना को ठेस पहुंच रही है। संगठन ने मांग की कि पंचायतों व नगरीय निकायों के चुनाव जल्द कराए जाएं, राज्य निर्वाचन आयोग को स्वतंत्र रूप से कार्य करने दिया जाए और प्रशासकों की जगह जनप्रतिनिधियों को बहाल किया जाए। इस प्रदर्शन में पूर्व जिला प्रमुख कविता मेघवाल, पूर्व प्रधान जयदेव भिड़ासरा, कुलविंद्र सिंह, महेंद्र जाखड़, कालूराम गोदारा, करणी सिंह, रामेश्वर लाल चांवरिया, महिला जिलाध्यक्ष सुलोचना बावरी, सीताराम कड़वा, गुरदीप चहल सहित कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।
जोधपुर शहर के फिल्टर प्लांट, पंप हाउस और पाइपलाइनों में रखरखाव और सफाई का काम किया जाएगा। इसके चलते, शहर के फिल्टर हाउस से पानी की सप्लाई पाने वाले सभी इलाकों में 28 अप्रैल को पानी की सप्लाई बंद रहेगी। इसलिए, जोधपुर में कायलाना, चोपसनी और सुरपुरा फिल्टर हाउस से पानी की सप्लाई पाने वाले सभी इलाकों में,28 अप्रैल को होने वाली पानी की सप्लाई 29 अप्रैल को दी जाएगी। वहीं 29 अप्रैल को होने वाली सप्लाई 30 अप्रैल को दी जाएगी। इन इलाकों में पानी सप्लाई के शेड्यूल में बदलाव जलदाय विभाग जोधपुर सिटी सर्कल के अधीक्षण अभियंता राजेंद्र मेहता ने बताया- झालामण्ड और तख्त सागर फिल्टर हाउस से जुड़े इलाकों में 28 अप्रैल को सुबह 10:00 बजे तक होने वाली पानी की सप्लाई सामान्य रूप से जारी रहेगी। इन इलाकों में सरस्वती नगर, कुड़ी भगतासनी हाउसिंग बोर्ड के विभिन्न सेक्टर, और पाल बाइपास व शिल्पग्राम के आसपास के इलाके शामिल हैं। हालांकि, इन इलाकों में 29 अप्रैल को होने वाली पानी की सप्लाई अब 30 अप्रैल को होगी, और 30 अप्रैल को होने वाली सप्लाई 1 मई को की जाएगी। सूरपुरा फिल्टर प्लांट से जुड़े क्षेत्र में नहीं हो पाई जलापूर्ति सूरपुरा फिल्टर प्लांट में पम्प हाउस में आई तकनीकी खराबी के कारण आज नगर उपखंड ललसागर-I, ललसागर-II और मानजी का हत्था क्षेत्र में जलापूर्ति बाधित रही। मेहता ने बताया कि इससे 8 मील, निम्बा निम्बड़ी, खोखरिया, सुरपुरा, आर.टी.ओ, गुलाब नगर, गांधी नगर, परिहार नगर, पृथ्वीपुरा, कबीर आश्रम उच्च जलाशय से लाभान्वित समस्त क्षेत्र, NLU, NIFD, आयुर्वेद, कृषि विश्वविद्यालय एवं केन एनर्जी क्षेत्र प्रभावित रहे। उन्होंने कहा कि फाल्ट को दुरस्त करने का कार्य चल रह है। इस्में और समय लगने की संभावना है। फाल्ट ठीक होते ही प्रभावित क्षेत्रों में जलापूर्ति पुनः शुरू कर दी जाएगी।
भोपाल रेल मंडल में 70वें रेल सेवा पुरस्कार समारोह का आयोजन न्यू नर्मदा क्लब में किया गया। कार्यक्रम में 13 विभागों के कुल 43 कर्मचारियों को उत्कृष्ट कार्य, अनुशासन और सुरक्षित रेल संचालन में योगदान के लिए सम्मानित किया गया। समारोह में सांस्कृतिक एवं लोकनृत्य प्रस्तुतियां भी आयोजित की गईं। मंडल रेल प्रबंधक पंकज त्यागी ने कर्मचारियों को पुरस्कार प्रदान किए। उन्होंने कहा कि रेलवे 24 घंटे संचालित होती है और कर्मचारी दिन-रात मेहनत करते हैं। यह कार्यक्रम उनके योगदान को सम्मान देने के लिए आयोजित किया गया है। 12 श्रेणियों में दी गईं शील्ड कार्यक्रम में विभिन्न श्रेणियों में बेहतर प्रदर्शन करने वाले स्टेशनों और इकाइयों को 12 दक्षता शील्ड भी प्रदान की गईं। कर्मचारियों की भूमिका पर जोर वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक सौरभ कटारिया ने कहा कि सम्मानित कर्मचारियों ने प्रशासनिक दक्षता, तकनीकी कुशलता और सुरक्षित संचालन में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। समारोह में अपर मंडल रेल प्रबंधक अभिराम खरे, योगेंद्र बघेल, वरिष्ठ मंडल कार्मिक अधिकारी विजय सिंह सहित कई अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे। भोपाल स्टेशन पर होल्डिंग एरिया और नया फुट ओवरब्रिज मंजूर मंडल रेल प्रबंधक पंकज त्यागी ने बताया कि भोपाल स्टेशन पर भीड़ प्रबंधन के लिए होल्डिंग एरिया बनाया जाएगा और तीसरे फुट ओवर ब्रिज (FOB) को भी मंजूरी मिल चुकी है। उन्होंने आगे कहा कि रेलवे इस साल यात्रियों की बढ़ती मांग को देखते हुए समर स्पेशल ट्रेनों की संख्या बढ़ा रहा है। पिछले वर्ष लगभग 11 हजार विशेष ट्रेनें चलाई गई थीं, जो इस साल 18 हजार तक पहुंच सकती हैं। स्काउट एंड गाइड की छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति दी, देखें…
मोगा पुलिस ने 6 तस्करों को किया गिरफ्तार:हेरोइन, नशीली गोलियां और अवैध शराब बरामद, एक आरोपी फरार
मोगा पुलिस ने नशे और अवैध शराब के कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने विभिन्न स्थानों पर छापेमारी कर छह व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है। इस दौरान हेरोइन, नशीली गोलियां और अवैध शराब बरामद की गई है। हालांकि, एक नामजद आरोपी अभी भी फरार है। पुलिस का कहना है कि डीजीपी के आदेश नशा तस्करी के खिलाफ सघन अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत संवेदनशील क्षेत्रों में सर्च ऑपरेशन चलाने के साथ ही तस्करों और अपराधियों की धर पकड़ के लिए गश्त बढ़ाई गई है। लोगों से भी तस्करों के बारे में सूचना देने के अपील की जा रही है। कहां कहां से पकड़े गए आरोपी
बेगूसराय जिले के पुलिस ने नीमा चांदपुरा थाना कांड संख्या 4/25 के फरार अभियुक्त गौतम कुमार उर्फ दुर्गेश कुमार को मुंगेर के गंगा घाट से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस को इस मामले में बड़ी सफलता मिली है। नीमा चांदपूरा थाना प्रभारी विवेक कुमार ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्त गौतम कुमार उर्फ दुर्गेश कुमार सीताराम चौधरी का पुत्र है। वह जयप्रकाश नगर, नाला रोड, वार्ड संख्या 22, बेगूसराय का निवासी है। पुलिस के अनुसार, यह मामला भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1)/3(5) और आर्म्स एक्ट के तहत दर्ज किया गया था। पुलिस इस कांड में अभियुक्त की लंबे समय से तलाश कर रही थी। गुप्त सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मुंगेर के गंगा घाट क्षेत्र में छापेमारी की और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आवश्यक पूछताछ पूरी कर शुक्रवार को अभियुक्त को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। पुलिस मामले में आगे की कार्रवाई में जुटी हुई है।
दुर्ग जिले के भिलाई स्थित एसबीएस अस्पताल को ब्लैकमेल कर 5 लाख रुपए की अवैध उगाही का प्रयास करने वाले आरोपी को छावनी पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी गुरुमीत सिंह वाधवा पर खुद को प्रभावशाली बताकर अस्पताल प्रबंधन पर दबाव बनाने का आरोप है। पुलिस जांच के अनुसार, आरोपी गुरुमीत सिंह वाधवा पहले एसबीएस अस्पताल में इलाज के दौरान संपर्क में आया था। कैंसर के इलाज के दौरान मुफ्त सुविधाओं का लाभ लेने के बाद उसने इसी आधार पर अस्पताल प्रबंधन पर दबाव बनाना शुरू किया। आरोप है कि वाधवा ने अस्पताल प्रबंधन से 5 लाख रुपए की मांग करते हुए लगातार मानसिक दबाव बनाया और ब्लैकमेलिंग के जरिए रकम वसूलने की कोशिश की। अस्पताल मैनेजर निर्मल सिंह की शिकायत के बाद छावनी थाना में अपराध क्रमांक 230/2026 दर्ज किया गया। पुलिस ने मामले की जांच में गवाहों के बयान दर्ज किए और तकनीकी सबूत जुटाए। घटना से जुड़े 13 मोबाइल फोटोग्राफ, अस्पताल उपचार से संबंधित दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक प्रमाणों ने आरोपी के खिलाफ केस मजबूत किया। पर्याप्त सबूत मिलने के बाद शुक्रवार को पुलिस टीम ने आरोपी को उसके निवास से गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी से कई तथ्य सामने आए। पुलिस के मुताबिक, आरोपी बड़े नेताओं के साथ अपनी तस्वीरें और कथित फर्जी लेटर दिखाकर प्रभाव जमाता था, ताकि सामने वाला भयभीत होकर उसकी मांग मान ले। चिकित्सा संस्थान को डराकर उगाही, कड़े कानून में केस दर्ज मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी पर छत्तीसगढ़ चिकित्सा रक्षक एवं चिकित्सा सेवा संस्थान संरक्षण अधिनियम 2010 की धारा 3 और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 308 के तहत अपराध दर्ज किया गया है। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि चिकित्सा संस्थानों में भय और दबाव बनाकर उगाही की कोशिश को गंभीर अपराध माना जा रहा है और इस तरह के मामलों में सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। पुलिस जांच में और खुलासों के संकेत इस गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब यह भी खंगाल रही है कि आरोपी ने इसी तरह अन्य संस्थानों या लोगों को भी निशाना बनाया या नहीं। बरामद दस्तावेज और कथित लेटर की भी जांच की जा रही है। आशंका है कि आरोपी प्रभाव और धमकी का इस्तेमाल कर लंबे समय से उगाही का खेल चला रहा था।
झिंझाना पुलिस ने गश्त के दौरान एक बाइक सवार स्मैक तस्कर को गिरफ्तार किया है। उसके पास से लगभग एक करोड़ रुपये मूल्य की 500 ग्राम स्मैक, एक मोबाइल फोन और 520 रुपये नकद बरामद किए गए हैं। आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। यह कार्रवाई शुक्रवार को ऊन चौकी प्रभारी विपिन मलिक और उनकी टीम द्वारा की गई। टीम क्षेत्र के गांव नौनागली से झिंझाना रोड पर गश्त कर रही थी। इसी दौरान, गांव नौनागली से झिंझाना की ओर आ रही एक सिल्वर रंग की स्प्लेंडर मोटरसाइकिल को एक ट्यूबवेल के पास रोका गया। पुलिस को देखकर बाइक सवार ने भागने का प्रयास किया था। पूछताछ में बाइक सवार ने अपनी पहचान सहारनपुर के गंगोह थाना क्षेत्र के मोहल्ला गुजरान निवासी इंतजार पुत्र नौशाद के रूप में बताई। पुलिस ने उसकी बाइक पर लटके थैले की तलाशी ली, जिसमें से 500 ग्राम नशीला पदार्थ स्मैक बरामद हुआ। इसके अलावा, एक मोबाइल फोन और 520 रुपये नकद भी मिले। पूछताछ के दौरान इंतजार ने बताया कि यह मोटरसाइकिल उसके जीजा मेहरबान पुत्र जलालुद्दीन निवासी कैराना की है, जिसे वह मांग कर लाया था। उसने यह भी कबूल किया कि वह इसी गाड़ी का इस्तेमाल तस्करी के लिए करता है। इंतजार ने बताया कि वह यह स्मैक गंगोह निवासी मुजम्मिल पुत्र इकबाल से लेता है। इंतजार ने पुलिस को बताया कि पहले वह गंगोह में ही स्मैक बेचता था, लेकिन कुछ दिन पहले गंगोह पुलिस ने उसे स्मैक और हेरोइन के साथ पकड़ा था। इसके बाद वह अपने जीजा के घर कैराना में रहकर चलते-फिरते लोगों को स्मैक बेचकर पैसे कमाता था, जिससे उसके घर का खर्च चलता था। कोतवाली प्रभारी वीरेंद्र कसाना ने बताया कि पकड़े गए तस्कर इंतजार और फरार मुजम्मिल के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। इंतजार के खिलाफ चालानी कार्रवाई की गई है, जबकि फरार तस्कर मुजम्मिल की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। बरामद स्मैक की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग एक करोड़ रुपये आंकी गई है।
उज्जैन के पंवासा क्षेत्र में रहने वाली एक युवती शादी से एक हफ्ते पहले घर से गायब हो गई। उस समय माता-पिता शादी की पत्रिका बांटने गौतमपुरा रिश्तेदारों के घर गए हुए थे। इस दौरान लड़की के लापता होने से हड़कंप मच गया। परिजनों ने एक अन्य धर्म से जुड़े युवक पर आरोप लगाते हुए लव जिहाद की आशंका जताकर पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। युवती की शादी 1 मई को तय थी और घर में सभी तैयारियां पूरी हो चुकी थीं। शनिवार से हल्दी की रस्म शुरू होने वाली थी। गुरुवार को जब माता-पिता गौतमपुरा से लौटे तो बेटी घर पर नहीं मिली। बाद में जानकारी मिली कि वह महफूज उर्फ मोनू नाम के युवक के साथ घर से गई है। इसके बाद परिजनों ने पंवासा थाने में शिकायत दर्ज कराई। पहले भी दर्ज हुआ था मामला परिजनों का आरोप है कि करीब एक साल पहले महफूज ने युवती के साथ दुष्कर्म किया था, जिसके चलते वह जेल भी गया था। अब वही युवक दोबारा लड़की को अपने साथ ले गया है। युवती के पिता ने यह भी आरोप लगाया कि आरोपी खुद को एक गैंग का सदस्य बताकर परिवार को धमकाता था और कई बार डराने की कोशिश कर चुका है। पिता के अनुसार, युवती करीब डेढ़ लाख रुपए के जेवर और एक लाख रुपए नकद लेकर घर से गई है। मामले में सीएसपी पुष्पा प्रजापति ने बताया कि युवती के लापता होने पर अपहरण का केस दर्ज कर लिया गया है और उसकी तलाश की जा रही है। उन्होंने यह भी बताया कि आरोपी को पहले भी जेल भेजा जा चुका है, जबकि युवती की शादी निकट थी।
अनूपपुर जिले की सरई पुलिस चौकी के प्रभारी एएसआई मंगला दुबे और प्रधान आरक्षक पर हमला करने वाले तीन अज्ञात बदमाशों का सुराग घटना के तीन दिन बाद भी नहीं लग सका है। 22 अप्रैल को हुई इस वारदात में बदमाशों ने पुलिसकर्मियों पर प्राणघातक हमला कर सर्विस रिवाल्वर लूट ली थी। अब पुलिस ने आम नागरिकों से आरोपियों की पहचान सुनिश्चित करने के लिए सहयोग की अपील की है। बकरी चोरी की सूचना पर पहुंचे थे पुलिसकर्मी यह घटना उस समय हुई जब चौकी प्रभारी को ग्राम पंचायत अमगवां में तीन अज्ञात युवकों द्वारा बकरी चोरी और उपद्रव मचाने की सूचना मिली थी। मौके पर पहुंचे एएसआई मंगला दुबे और प्रधान आरक्षक मरावी ने जब भाग रहे बदमाशों को पकड़ने का प्रयास किया, तो एक आरोपी ने पत्थर से प्रभारी के सिर पर हमला कर दिया। उनके गिरते ही आरोपी सर्विस रिवाल्वर लूटकर जंगल की ओर फरार हो गए। एक साल पहले लूटी बाइक का इस्तेमाल किया पुलिस जांच में यह महत्वपूर्ण तथ्य सामने आया है कि हमलावर जिस मोटरसाइकिल को छोड़कर भागे हैं, वह करीब एक साल पहले घुनघुटी-तुम्मी रोड से लूटी गई थी। एसपी मोती उर रहमान के अनुसार, प्रबल आशंका है कि पिछले एक वर्ष से इस बाइक का उपयोग करने वाले गिरोह ने ही पुलिस टीम पर हमला किया है। उमरिया और छत्तीसगढ़ सीमा पर सर्च ऑपरेशन हमलावरों की तलाश में पुलिस की दो विशेष टीमें उमरिया जिले और छत्तीसगढ़ के सीमावर्ती इलाकों में भेजी गई थीं, जो शुक्रवार को खाली हाथ लौट आईं। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि आरोपियों की धरपकड़ के लिए सघन तलाशी अभियान लगातार जारी है और तकनीकी साक्ष्यों का भी सहारा लिया जा रहा है। वहीं घायल पुलिसकर्मियों का उपचार जारी है। सूचना देने वाले को मिलेगा इनाम एसपी ने जनता से अपील की है कि यदि किसी को इस बाइक या संदिग्धों के बारे में जानकारी मिले, तो वे मोबाइल नंबर 7049101013 पर सूचित करें। पुलिस ने जानकारी देने वाले व्यक्ति को उचित इनाम देने और उसकी पहचान पूरी तरह गुप्त रखने का आश्वासन दिया है।
सिवनी जिले के बरघाट क्षेत्र में शुक्रवार शाम सड़क हादसे में पति-पत्नी की जान चली गई। सिवनी-बालाघाट रोड पर हिर्री नदी पुल के पास चावल से लदा एक ट्रक अनियंत्रित होकर मोटरसाइकिल पर पलट गया। जानकारी के मुताबिक, जन्मखारी गांव के रहने वाले दीपसिंह चौहान (50) और उनकी पत्नी दुर्गा बाई (45) बरघाट में एक शादी समारोह से लौट रहे थे। शाम करीब 5 बजे जेवनारा और पौनार के बीच सामने से आ रहा ट्रक अचानक बेकाबू हुआ और उनकी बाइक पर जा गिरा। ट्रक के नीचे दबने की वजह से दोनों को संभलने का मौका भी नहीं मिला। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से शवों को बाहर निकाला। हादसे में ट्रक ड्राइवर भी घायल है, जिसका इलाज अस्पताल में चल रहा है। जर्जर सड़क बनी हादसे की वजह इस हादसे की मुख्य वजह सड़क की बदहाली को बताया जा रहा है। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि सड़क के किनारे गहरी पटरी और बड़े गड्ढों के कारण ट्रक का संतुलन बिगड़ गया था। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक के परखच्चे उड़ गए और ट्रक में भरी चावल की बोरियां सड़क पर बिखर गईं। बरघाट पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
अमेरिका-ईरान युद्ध के कारण बढ़ी कच्चे तेल की कीमतों का असर अब सरकारी महकमे पर दिखने लगा है। राजस्थान में स्टेट मोटर गैराज के पेट्रोप पंप सूख गए है और वहां से तेल की सप्लाई सरकारी गाड़ियों के लिए रोक दी है। इसके कारण सरकारी दफ्तरों में चल रहे सरकारी वाहन (कार, एम्बुलेंस, आदि) के पहिये भी थम गए। जयपुर के सवाई मानसिंह हॉस्पिटल में मौजूद सरकारी एम्बुलेंस में ईधन नहीं होने से इनका संचालन आज से बंद हो गया, जिसका असर मरीजों पर देखने को मिल सकता है। दरअसल राजस्थान स्टेट मोटर गैराज विभाग (आरएसएमजी) की तरफ से सरकारी दफ्तरों में चलने वाली सरकारी गाड़ियों को ईंधन (पेट्रोल-डीजल) सप्लाई किया जाता है। लेकिन पिछले दिनों से आरएसएमजी के सहकार मार्ग स्थित पेट्रोल पंप से ईधन की सप्लाई सरकारी गाड़ियों (केवल मंत्रियों की गाड़ियों को छोड़कर) बंद कर दी। सवाई मानसिंह हॉस्पिटल में संचालित एम्बुलेंस को भी आरएसएमजी ही पेट्रोल-डीजल की सप्लाई देता है, लेकिन कुछ समय पहले आरएसएमजी ने हॉस्पिटल अधीक्षक को पत्र लिखकर सप्लाई ईधन की खरीद स्वयं के स्तर पर बाजार के पेट्रोल पंपों से करने के लिए कहा है। इन रेट पर मिल रहा है डीजल-पेट्रोल सूत्रों के अनुसार, आरएसएमजी को पेट्रोलियम कंपनी (IOCL) से पेट्रोल करीब 124.21 रुपए और डीजल 139.60 रुपए प्रति लीटर की दर से मिल रहा है। जबकि बाजार में पेट्रोल पंपों पर वर्तमान में पेट्रोल करीब 105 रुपए और डीजल करीब 91 रुपए प्रति लीटर उपलब्ध है। इस अंतर के चलते राजस्थान स्टेट मोटर गैराज ने पेट्रोल-डीजल की सप्लाई बाजार से स्वयं के स्तर पर करने के लिए कहा है। बाजार के पेट्रोल पंप से अनुबंध वहीं स्टेट मोटर गैराज ने बाजार के कुछ पेट्रोल पंप से अनुबंध किया है और उनसे राज्य के मंत्रियों की गाड़ियों के लिए पेट्रोल-डीजल की सप्लाई को सुचारू रखा है। राजस्थान मोटर गैराज कंट्रोलर मानसिंह मीणा के मुताबिक बढ़ती कीमतों के कारण अभी केवल मंत्रियों की गाड़ियों के लिए ही व्यवस्था कर पा रहे हैं, बाकी विभागों को अपने स्तर पर ईंधन की व्यवस्था करने के लिए कहा है।
नवादा में 9 मई 2026 को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकार, नई दिल्ली और बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, पटना के निर्देशों के तहत होने वाली इस अदालत की सफलता के लिए तैयारियां तेज हो गई हैं। जिला विधिक सेवा प्राधिकार, नवादा के अध्यक्ष सह प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश आशुतोष कुमार झा के मार्गदर्शन और सचिव के सहयोग से कार्य चल रहा है। इसी क्रम में 24 अप्रैल 2026 को जिला विधिक सेवा प्राधिकार, नवादा के सचिव के कार्यालय में एक महत्वपूर्ण बैठक हुई। इसमें वन प्रमंडल पदाधिकारी, श्रम अधीक्षक, विद्युत विभाग के कार्यपालक अभियंता, जिला खनन पदाधिकारी और दूरभाष विभाग, नवादा के प्रतिनिधि व अधिकारी शामिल हुए। बैठक में राष्ट्रीय लोक अदालत के सफल आयोजन के लिए विभिन्न विभागों के साथ समन्वय स्थापित करने, लंबित सुलहनीय मामलों के अधिकतम निपटारे और आवश्यक तैयारियों की समीक्षा की गई। सचिव ने बताया कि आयोजन को सफल बनाने के लिए सभी विभागाध्यक्षों से लगातार विचार-विमर्श किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त, जिले के सभी थानाध्यक्षों को शत-प्रतिशत नोटिस तामील कराने के निर्देश दिए गए हैं, और नोटिस संबंधित थानों के माध्यम से भेजे जा रहे हैं। नवादा न्यायमंडल के न्यायिक पदाधिकारियों से भी इस संबंध में विचार-विमर्श किया जा रहा है, ताकि आगामी राष्ट्रीय लोक अदालत में बेहतर प्रदर्शन सुनिश्चित हो सके। बैठक के दौरान जिला खनन पदाधिकारी से खनन संबंधी मामलों, वन विभाग के प्रतिनिधि से वन संबंधी विवादों, श्रम विभाग के प्रतिनिधि से श्रम विवादों, विद्युत विभाग से बिजली बिल संबंधी मामलों और दूरभाष विभाग से टेलीफोन संबंधी वादों के निपटारे पर विस्तार से चर्चा हुई। अधिकारियों ने बताया कि इस बार अधिक से अधिक सुलहनीय मामलों का निपटारा सुनिश्चित करने के लिए व्यवहार न्यायालय के पीठ लिपिकों और कार्यालय लिपिकों को पक्षकारों को नोटिस जारी करने के आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं। इसके अतिरिक्त, सहयोग के लिए पारा विधिक स्वयंसेवकों को भी नियुक्त किया गया है।
मऊ में किराए के मकान विवाद मारपीट:दो पक्षों के 5 लोग घायल, आरोपियों की तलाश में जुटी पुलिस
मऊ की कोतवाली थाना क्षेत्र के भीटी इलाके में किराए के मकान को लेकर हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। सरेआम बाजार में दो पक्षों के बीच जमकर मारपीट हुई, जिसमें हॉकी, डंडे और ईंट-पत्थर का इस्तेमाल किया गया। इस घटना में दोनों पक्षों से कुल पांच लोग घायल हो गए। घायलों में कई के सिर में चोटें आई हैं। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। सभी घायलों को इलाज के लिए जिला अस्पताल भेजा गया है। कोतवाल अनिल कुमार सिंह ने बताया कि दुकान में दरवाजा लगाने को लेकर दोनों पक्षों में विवाद शुरू हुआ था, जो बाद में मारपीट में बदल गया। उन्होंने पुष्टि की कि इस झड़प में पांच लोग घायल हुए हैं। पुलिस तहरीर के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई करेगी। घटना की जानकारी मिलने पर पीआरबी टीम ने तत्काल मौके पर पहुंचकर बीच-बचाव का प्रयास किया। हालांकि, विवाद बढ़ता देख अतिरिक्त पुलिस बल को बुलाना पड़ा, जिसके बाद स्थिति पर पूरी तरह से काबू पाया जा सका। फिलहाल, पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है और घटना में शामिल आरोपियों की तलाश जारी है।
ललितपुर के पूराकलां थाना क्षेत्र के ग्राम विजयपुरा में एक युवक की मौत के बाद परिजनों ने तालबेहट में शव रखकर प्रदर्शन किया। परिजनों ने आरोप लगाया कि युवक पर चार लोगों ने कुल्हाड़ी से हमला किया था, जिसके बाद इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। वे आरोपियों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज करने की मांग कर रहे थे। यह प्रदर्शन तालबेहट कस्बे में पूराकलां बस स्टैंड के पास सड़क पर किया गया, जिससे झांसी-ललितपुर मार्ग पर जाम लग गया। सूचना मिलने पर उप जिलाधिकारी तालबेहट अभिजीत सिंह, सीओ तालबेहट और कोतवाल मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाकर एक घंटे बाद जाम खुलवाया। जानकारी के अनुसार, ग्राम विजयपुरा निवासी आशीष कुशवाहा (20) पुत्र मुकेश गुरुवार को मजदूरी कर पूराकलां से बाइक से अपने गांव लौट रहे थे। शाम करीब 7:30 बजे जब वह रिकेन्द्र के घर के पास पहुंचे, तो पुरानी रंजिश के चलते रिकेन्द्र, उसके भाई महेन्द्र, केहर और उसकी मां ने उन पर कुल्हाड़ी से हमला कर दिया। इस हमले में आशीष गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उनके दादा सुखदास उन्हें पूराकलां थाना ले गए, जहां से उन्हें तालबेहट स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया। हालत नाजुक होने के कारण आशीष को झांसी रेफर किया गया, जहां शुक्रवार को उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। मृतक के परिजनों ने बताया कि आशीष अपने दो भाई और एक बहन में सबसे बड़े थे। उनकी डेढ़ महीने की एक बेटी भी है। पूराकलां थानाध्यक्ष रमेश मिश्रा ने बताया कि इस मामले में चार लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है। पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है।
छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय (CSJMU) के स्कूल ऑफ बिजनेस मैनेजमेंट के निदेशक प्रो. सुधांशु पाण्ड्या को एक बार फिर बड़ी जिम्मेदारी मिली है। राज्यपाल एवं कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल ने उन्हें लखनऊ स्थित ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय की कार्यपरिषद (Executive Council) में बतौर सामान्य सदस्य नियुक्त किया है। यह लगातार दूसरा मौका है जब उन्हें इस महत्वपूर्ण पद पर जिम्मेदारी सौंपी गई है। राजभवन द्वारा जारी आदेश के अनुसार, कुलाधिपति ने 'उत्तर प्रदेश राज्य विश्वविद्यालय अधिनियम 1973' की धारा-20 की उपधारा-1 (जी) के तहत शक्तियों का प्रयोग करते हुए यह नियुक्तियां की हैं। इस आदेश में भाषा विश्वविद्यालय की कार्यपरिषद के लिए एक न्यायिक सदस्य और तीन सामान्य सदस्यों को नामित किया गया है। प्रो. पाण्ड्या के साथ अन्य नियुक्तियों के माध्यम से विश्वविद्यालय की प्रशासनिक कार्यप्रणाली को और अधिक मजबूत करने का प्रयास किया गया है। दो साल तक संभालेंगे अहम जिम्मेदारीनियुक्ति पत्र के अनुसार, प्रो. पाण्ड्या का यह कार्यकाल पदभार ग्रहण करने की तिथि से दो वर्ष या अगले आदेश तक, जो भी पहले हो, प्रभावी रहेगा। बतौर निदेशक प्रो. पाण्ड्या का शैक्षणिक और प्रशासनिक अनुभव अब भाषा विश्वविद्यालय के नीतिगत निर्णयों, नई शिक्षा नीतियों को लागू करने और संस्थान के चहुंमुखी विकास में अहम भूमिका निभाएगा। सीएसजेएमयू में खुशी का माहौलप्रो. पाण्ड्या की इस उपलब्धि से सीएसजेएमयू में शिक्षकों और सहकर्मियों के बीच काफी उत्साह है। कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक ने भी इस नियुक्ति पर खुशी जाहिर की है और प्रो. पाण्ड्या को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। विवि के अन्य संकाय सदस्यों का कहना है कि एक अनुभवी शिक्षाविद का दूसरी यूनिवर्सिटी की कार्यपरिषद में बार-बार चुना जाना, न केवल उनके व्यक्तित्व की सफलता है, बल्कि यह सीएसजेएमयू की बढ़ती साख और प्रभाव को भी दर्शाता है। आने वाले समय में भाषा विश्वविद्यालय की कार्यपरिषद में लिए जाने वाले बड़े निर्णयों में प्रो. पाण्ड्या की विशेषज्ञता का लाभ संस्थान को मिलेगा, जिससे प्रशासनिक पारदर्शिता और अकादमिक सुधारों को और गति मिलने की उम्मीद है।
छिंदवाड़ा में बीच शहर जली नरवाई:कॉलोनियों के पास तक आग फैली, दहशत मे निवासी
छिंदवाड़ा: शहर के वार्ड नंबर 38 पाठाधाना क्षेत्र में नरवाई जलाने का मामला सामने आया है। जानकारी के मुताबिक पाँचघर के पीछे स्थित कृषि भूमि, जो उमाकांत, जगदीश चौबितकर और मृणाल चौबितकर परिवार की बताई जा रही है, में आग लगाई गई। यह जमीन हाईहोप स्कूल के पीछे और घनी आबादी वाली कॉलोनियों से सटी हुई है, जिससे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार खेत में अचानक आग भड़क उठी, जिससे आसपास के मकानों और खड़ी फसलों पर खतरा मंडराने लगा। खेत के पास बड़ी संख्या में वाहन भी खड़े रहते हैं, जिससे किसी बड़े हादसे की आशंका बनी रही। स्थानीय लोगों ने बताया कि लापरवाही के चलते नरवाई जलाई गई, जबकि इस पर प्रशासन द्वारा पहले से ही सख्ती बरती जा रही है। जिले में अब तक नरवाई जलाने के 60 से अधिक मामलों में किसानों पर कार्रवाई की जा चुकी है, इसके बावजूद इस तरह की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। शहर के बीचों-बीच इस तरह आग लगाने की घटना ने प्रशासन की निगरानी पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल घटना के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है और लोगों ने जिम्मेदारों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर रोक लगाई जा सके।
डूंगरपुर जिले में अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान ‘ऑपरेशन त्रिनेत्र’ के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। डीएसटी, थाना वरदा और थाना ओबरी की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए राजगढ़ी डोजा गांव में खेतों में उगाई जा रही गांजे की फसल को जब्त कर लिया। इस दौरान एक आरोपी को भी गिरफ्तार किया गया है। मुखबिर की सूचना पर एक्शन जिला पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार के अनुसार, डीएसटी को मुखबिर से सूचना मिली थी कि राजगढ़ी डोजा निवासी पूंजीलाल रोत अपने घर के पीछे खेतों में गांजे की खेती कर रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने तुरंत योजना बनाकर आरोपी के घर पर दबिश दी। खेतों में लहलहाती मिली गांजे की फसल पुलिस को सबसे पहले घर पर सूखने के लिए रखे गए करीब 2.06 किलोग्राम गांजे के पौधे मिले। इसके बाद जब आसपास के खेतों की सघन तलाशी ली गई तो अलग-अलग खेतों से 1060 हरे गांजे के पौधे बरामद हुए। इनका कुल वजन 132.160 किलोग्राम पाया गया। कुल माल 1 क्विंटल से ज्यादा, कीमत 20 लाख से ऊपर पुलिस ने जब्त किए गए हरे और सूखे पौधों को इलेक्ट्रॉनिक कांटे से तौला, जिसका कुल वजन करीब 1 क्विंटल 34.22 किलोग्राम निकला। बरामद गांजे की बाजार कीमत लगभग 20 लाख 13 हजार 300 रुपए आंकी गई है। आरोपी गिरफ्तार, नेटवर्क खंगालने में जुटी पुलिस पुलिस ने खेत मालिक पूंजीलाल को मौके से गिरफ्तार कर लिया है। शुरुआती पूछताछ के बाद मामले की आगे की जांच ओबरी थानाधिकारी को सौंपी गई है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी इस गांजे की सप्लाई किन-किन लोगों को करता था। और भी बड़े खुलासे संभव पुलिस अधिकारियों का मानना है कि पूछताछ में इस अवैध कारोबार से जुड़े और भी लोगों के नाम सामने आ सकते हैं। ‘ऑपरेशन त्रिनेत्र’ के तहत जिले में आगे भी इसी तरह की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
मोगा पुलिस ने गांव सिंघांवाला में नशीले पदार्थ मिलने के एक वीडियो के वायरल होने के बाद त्वरित कार्रवाई की है। पुलिस ने इस मामले में एक पिता और पुत्र को गिरफ्तार किया है। यह घटना इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई थी। जानकारी के अनुसार बीते दिन गांव सिंघांवाला में कुछ किसान नेताओं और स्थानीय निवासियों ने एक युवक को रोका था। उसकी तलाशी लेने पर बड़ी मात्रा में नशीली पुड़ियां बरामद हुईं। मौके पर मौजूद लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी और बरामद नशीला सामान पुलिस को सौंप दिया। डीएसपी सिटी जतिंदर सिंह ने बताया कि वीडियो सामने आने के बाद थाना चढ़िक पुलिस ने तुरंत आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अभियान चलाया। उन्होंने बताया कि सहायक थाना प्रभारी सरताज सिंह अपनी पुलिस पार्टी के साथ गश्त पर थे, तभी उन्हें एक गुप्त सूचना मिली। तलाशी में हेरोइन और नशीली गोलियां बरामद इसी सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने पुल ड्रेन संधुआं वाला के पास कार्रवाई की। पुलिस ने आरोपी युवक सुच्चा सिंह और उसके पिता गुरप्रीत सिंह, दोनों निवासी गांव सिंघांवाला को मोटरसाइकिल सहित गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उनके कब्जे से 5 ग्राम हेरोइन और 40 नशीली गोलियां बरामद की गईं। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ थाना सिटी साउथ में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है। अधिकारियों के अनुसार, आरोपियों से पूछताछ जारी है और उन्हें जल्द ही अदालत में पेश किया जाएगा। पुलिस ने यह भी कहा कि नशे के खिलाफ उनका अभियान सख्ती से जारी रहेगा।
केंद्रीय गृह मंत्रालय के निर्देशानुसार उदयपुर में साकरोदा स्थित गैस प्लांट पर शुक्रवार देर शाम मॉक ड्रिल हुई। दरअसल, हवाई हमले से गैस प्लांट में आग लगने की सूचना जिला प्रशासन को मिली। प्रशासन के निर्देश पर जल्द से जल्द नागरिक सुरक्षा विभाग, फायर ब्रिगेड और एचपीसीएल की टीमें मौके पर रवाना हुईं। टीमों ने घटना स्थल पर पहुंचकर देखा तो मॉक ड्रिल होने का पता लगा। इस दौरान जिला प्रशासन के अधिकारी भी मौके पर पहुंचे। जिन्होंने आपात स्थिति में निपटने की क्षमताओं और मुस्तैदी को बारीकी से परखा। इस दौरान आपातकालीन यूनिटों द्वारा ब्लेक आउट, फायर फाइटिंग और रेस्क्यू आदि का प्रदर्शन किया गया। मॉक ड्रिल में फायर ब्रिगेड द्वारा आग बुझाने के प्रयास किए तो नागरिक सुरक्षा विभाग द्वारा घायलों को तुरंत हॉस्पिटल पहुंचाया गया। एडीएम प्रशासन दीपेन्द्र सिंह राठौड़ ने मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू टीमों का जायजा लिया।
मुजफ्फरपुर के सदर थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर 6 स्थित भीखनपुरा नरासारी गांव में आज देर शाम एक घर में अचानक आग लग गई। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि देखते ही देखते आसपास के अन्य घरों को भी अपनी चपेट में ले लिया और कुल सात घर जलकर राख हो गए। प्रभावित लोगों में चंदन पासवान, पूजा देवी, कृष्ण पासवान, मनीष कुमार, छठिया देवी, रंजीत राम और चांदनी देवी शामिल हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, आग लगने के बाद ग्रामीण खुद ही आग बुझाने में जुट गए, लेकिन अग्निशमन विभाग को समय पर सूचना नहीं दी गई। इसी वजह से आग तेजी से फैलती चली गई और कुछ ही देर में कई घरों को अपनी चपेट में ले लिया। ग्रामीणों की मदद से आग बुझाने में जुटे पीड़ित चंदन पासवान ने बताया कि “शुक्रवार की देर शाम अचानक घर में आग लग गई। हमलोग शोर मचाते हुए बाहर निकले और ग्रामीणों की मदद से आग बुझाने में जुट गए, लेकिन आग की लपटें इतनी तेज थीं कि आसपास के घर भी जलने लगे। जब तक किसी को सूचना देने की स्थिति बनती, तब तक सब कुछ जलकर खत्म हो चुका था।” बताया गया कि बाद में स्थानीय लोगों ने ही कच्ची-पक्की ओपी पुलिस को घटना की सूचना दी और नुकसान की जानकारी दी। ग्रामीणों की मदद से करीब डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। हालांकि इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, लेकिन सात परिवारों के घर जलने से भारी नुकसान हुआ है। फिलहाल आग लगने के कारणों को लेकर स्पष्ट जानकारी नहीं मिल पाई है, लेकिन प्राथमिक तौर पर शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है।
जीविका कटिहार ने 8वें पोषण पखवाड़े में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। 9 से 23 अप्रैल 2026 तक चले इस अभियान में जिले ने निर्धारित लक्ष्य से अधिक गतिविधियां सफलतापूर्वक संपन्न कीं। कुल 1,03,500 गतिविधियों के लक्ष्य के मुकाबले 1,08,096 गतिविधियां पूरी की गईं, जो 104% उपलब्धि दर्शाती है। इस उपलब्धि के साथ, कटिहार जिले ने पोषण के प्रति जागरूकता फैलाने में एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। अभियान में कदवा, आजमनगर और बारसोई प्रखंडों ने विशेष रूप से अव्वल प्रदर्शन किया। जिले के सभी 16 प्रखंडों में विविध गतिविधियां चलाई गईं। 8वें पोषण पखवाड़ा 2026 की मुख्य थीम शुरुआती 6 वर्ष, जीवन की बुनियाद थी। इस अभियान का उद्देश्य बच्चों के शुरुआती विकास पर जोर देना था, क्योंकि जीवन के पहले छह वर्षों में बच्चे का 80% मस्तिष्क विकास होता है। यह संदेश दिया गया कि बच्चों को केवल पेट भरने के लिए नहीं, बल्कि उनके मस्तिष्क के समुचित विकास के लिए सही पोषण मिलना आवश्यक है। जीविका दीदियों ने इस दौरान घर-घर जाकर माताओं को जागरूक किया। उन्हें संतुलित आहार, स्तनपान, पूरक आहार के महत्व और स्वच्छता बनाए रखने के तरीकों के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। इन प्रयासों से समुदाय में पोषण संबंधी जागरूकता बढ़ी।
रायबरेली में शुक्रवार दोपहर घर के अंदर एक बुजुर्ग महिला की ईंट से कूचकर हत्या कर दी गई। हत्या के बाद आरोपी युवक ने महिला के शव को बोरी में बांध दिया। उसके बाद मौके से फरार हो गया। गर्मी के चलते दोनों बहन घर के अंदर आराम कर रही थीं। इसी दौरान गांव का एक युवक जबरन घर में घुस आया। इसके बाद चारपाई पर लेटने लगा। जिसका महिलाओं ने विरोध किया था। जब तक एक महिला ग्रामीणों को बुलाने बाहर गई। इतने में युवक ने महिला के सिर पर ईंट से वार कर दिया। जिससे महिला की मौत हो गई। घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मामला शिवगढ़ कोतवाली क्षेत्र के दहिगवा गांव का है। पढ़िए पूरा मामला…. दहिगवा गांव में रामप्यारी (65) अपनी बड़ी बहन शिवप्यारी (70) के साथ घर में रहती थीं। शुक्रवार दोपहर करीब 3 बजे भीषण गर्मी के चलते दोनों घर के अंदर आराम कर रही थीं। इसी दौरान गांव का एक युवक जबरन घर में घुस आया और चारपाई पर लेटने लगा। महिलाओं ने इसका विरोध किया। दोनों महिलाओं ने उसे घर से निकलने को कहा और शोर मचाने की बात कही। बताया जा रहा है कि बड़ी बहन शिवप्यारी गांव वालों को बुलाने के लिए बाहर चली गईं। इसी बीच नशे में धुत युवक ने घर में मौजूद रामप्यारी की ईंट से कूचकर हत्या कर दी। शव को बोरी में बांधकर फरार हो गया। इस दौरान पर कोई नहीं था। मृतक की बेटी मिथिलेश कुमारी ने गांव के ही कपिल सिंह पर हत्या का आरोप लगाया है। उन्होंने दावा किया कि हत्या करने से पहले उनकी मां के साथ दुष्कर्म किया गया। परिजनों के अनुसार, जब गांव के लोग मौके पर पहुंचे तो शव बोरी में बंद मिला, जिसमें हाथ बाहर निकला हुआ था। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और साक्ष्य जुटाए। अपर पुलिस अधीक्षक आलोक सिंह ने बताया- परिजनों की तहरीर के आधार पर आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। उसकी गिरफ्तारी के लिए टीम गठित की गई है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारण और अन्य आरोपों की पुष्टि हो सकेगी। मामले की गहन जांच जारी है।
महिला आरक्षण विधेयक को लेकर उमरिया में बीजेपी ने प्रदर्शन किया। संसद में इस विधेयक के पारित न होने के विरोध में भाजपा महिला मोर्चा ने रैली निकाली। भाजपा महिला कार्यकर्ताओं ने रानी दुर्गावती भवन से गांधी चौक तक रैली निकालकर अपना विरोध जताया। इस दौरान महिलाओं ने विपक्ष के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारी महिलाओं का आरोप था कि विपक्ष महिला आरक्षण जैसे गंभीर और जरूरी मुद्दे पर केवल राजनीति कर रहा है, जबकि महिलाओं के हक के लिए उसकी नीयत साफ नहीं है। प्रियंका गांधी के नारे पर उठाए सवाल प्रदर्शन के दौरान मध्य प्रदेश भाजपा की प्रदेश प्रवक्ता डॉ. वीणा अहुवालिया ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने प्रियंका गांधी के नारे मैं लड़की हूं, लड़ सकती हूं को महज एक दिखावा करार दिया। डॉ. अहुवालिया ने कहा कि अगर कांग्रेस को वास्तव में महिलाओं के सशक्तिकरण की चिंता होती, तो उनकी पार्टी संसद में इस बिल के समर्थन में मजबूती से खड़ी नजर आती। भाजपा ने बताया विपक्ष का दोहरा चरित्र डॉ. अहुवालिया ने आगे कहा कि जब भी इस विधेयक को पास कराने का मौका आया, विपक्ष ने सहयोग करने के बजाय केवल राजनीतिक रोटियां सेंकने का काम किया। उन्होंने जोर देकर कहा कि भाजपा महिलाओं को अधिकार दिलाने के लिए हमेशा से प्रतिबद्ध रही है और आगे भी इस दिशा में काम करती रहेगी। उमरिया के इस प्रदर्शन ने साफ कर दिया है कि महिला आरक्षण के मुद्दे पर अब आर-पार की राजनीतिक लड़ाई शुरू हो चुकी है।
सरहदी जिले बाड़मेर में शाम करीब 7 बजे हवाई हमले की सूचना मिली। इसके बाद पुलिस, प्रशासन समेत 12 विभागों के अधिकारी और कर्मचारी अलर्ट हो गए। फायर बिग्रेड और सिविल डिफेंस की टीम पीजी कॉलेज पहुंची। कैमिकल युक्त फोम से आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। इस दौरान कॉलेज में आधा दर्जन घायल हो गए। हॉस्पिटल प्रशासन को अलर्ट कर उनको वहां भेजा गया। प्रशासन व पुलिस ने हवाई हमले जैसे हालात होने की स्थिति में निपटने के लिए मॉक ड्रील की गई। इसकी पूरी रिहर्सल की गई। इसके साथ रात 8 बजे लाइट का शटनडाउन लिया गया। वहीं पुलिस ने लोगों से अपील करते हुए भी नजर आई। बाड़मेर शहर में 15 मिनट तक ब्लैक आउट किया गया। पहले तस्वीरों में देखे मॉक ड्रील … बाड़मेर एडीएम राजेंद्र सिंह चंद्रावत ने बताया- गृह मंत्रालय की निर्देशन अनुसार बाड़मेर की सबसे बड़े पीजी कॉलेज में इस मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। जिसमें अलग-अलग पॉइंट्स बनाकर हवाई हमले का रूप दिया गया और उसके बाद 12 विभागों को इसकी सूचना दी गई। जानकारी मिलने ही तुरंत नागरिक सुरक्षा, फायर ब्रिगेड,108 एम्बुलेंस, स्वास्थ्य विभाग, जिला अस्पताल, एसडीआरएफ, सीमा सुरक्षा बल व आर्मी के यूनिट भी तुरंत मौके पर पहुंची। इस हवाई हमले में सभी घायलों को राहत कार्य शुरू कर घायलों को प्राथमिक उपचार देकर अस्पताल पहुंचाया गया। अन्य लोगों को बाहर निकाल कर सुरक्षित स्थानों पर ले जाने का अभ्यास किया गया। मॉकड्रिल पूर्ण होने के बाद किस प्रकार की छोटी-मोटी कमियां रही उनको सुधारने के लिए नागरिक सुरक्षा अधिकारियों ने ब्रीफिंग के माध्यम से जानकारी दी। ASP नीतेश आर्य ने बताया- पीजी कॉलेज में एयर हमले से आग लग गई थी। कंट्रोल रूम से सूचना मिली इसके बाद पुलिस जाब्ते और बम निरोधी दस्ते के साथ कॉलेज में पहुंचे। यहां पर भगदड़ मच रही थी। उसको शांत करने का प्रयास किया गया। घायलों को हमने एम्बुलेंस की मदद से हॉस्पिटल पहुंचाया गया। इससे पहले डॉक्टर को अलर्ट किया गया था। घायलों को हॉस्पिटल पहुंचाने के लिए ट्रैफिक को सिणधरी सर्किल पर रोक दिया गया। वहीं, पीजी कॉलेज वाले इलाके को पूरी तरीके से सीज कर दिया गया। 8 बजे से शुरू किया ब्लैक आउट प्रशासन ने रात 8 बजने के साथ ब्लैक आउट किया गया। पूरे शहर में लाइट का शटडाउन लिया गया। साथ ही दुकानदारों और वाहनों चालकों को भी लाइट बंद करने की अपील की गई है। 12 विभागों के सहयोग से मॉर्कड्रील की गई।
पटना पुलिस लाइन में पदस्थापित कांस्टेबल की हार्ट अटैक से मौत हो गई है। मृतक की पहचान मधेपुरा के सिंहेश्वर स्थान के रहने वाले सुरेश तिवारी के तौर पर हुई है। बेटा धीरज तिवारी ने बताया कि वर्ष 2025 में पिताजी की पोस्टिंग सिवान से पटना हुई थी। ढाई साल पहले चल रही पीटीसी की परीक्षा के दौरान पैरालिसिस अटैक के चलते शरीर का दाहिना हिस्सा दिव्यांग हो गया था। पुलिस लाइन में फिलहाल ड्यूटी लगाई गई थी। गुरुवार की रात अचानक हार्ट अटैक आया। इसके बाद हम लोग अस्पताल लेकर गए। तब तक रास्ते में ही उन्होंने दम तोड़ दिया। 25 अप्रैल को मेरी बड़ी बहन की शादी थी। ड्यूटी के दौरान तनाव में थे धीरज तिवारी ने बताया कि पिता ड्यूटी के दौरान तनाव में थे। परिवार में धीरज के अलावा उनकी मां और दो बड़ी बहनें हैं एक बड़ी बहन की शादी हो चुकी हथ। दूसरी वाली बहन की शादी 25 अप्रैल को थी। अब कैसे क्या करना है, इस पर घटना के बाद परिवार के दूसरे सदस्य शादी को लेकर विचार विमर्श कर रहे हैं। पुलिस लाइन में दिया गया गार्ड ऑफ ऑनर पटना पुलिस लाइन में लाइन मैनेजर मिथिलेश कुमार सिंह के नेतृत्व में मृतक कांस्टेबल सुरेश तिवारी को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इस दौरान पुलिस कर्मियों के अलावा परिजन भी मौजूद रहे। बेटा धीरज तिवारी ने बताया कि पिता के अंतिम संस्कार के लिए ₹15000 आर्थिक तौर पर अभी सहायता मिली है।
पंजाब के बरनाला जिले में गौवंश के प्रति आपत्तिजनक टिप्पणी को लेकर उपजा विवाद आपसी समझौते के बाद सुलझ गया है। आरोपी एनआरआई व्यक्ति ने हिंदू समाज से माफी मांगी है और अब वह तीन दिन तक गौशाला में सेवा करेगा। यह विवाद तब शुरू हुआ जब लेंसकार्ट कंपनी के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान एक व्यक्ति ने नशे की हालत में गौवंश के प्रति अपशब्द कहे। इससे धार्मिक भावनाएं आहत हुईं और मौके पर मौजूद कार्यकर्ताओं तथा व्यक्ति के बीच झड़प भी हुई। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया था। विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल सहित हिंदू संगठनों ने पहले आरोपी के खिलाफ धार्मिक भावनाएं भड़काने का मामला दर्ज करने की मांग की थी। हालांकि आरोपी के एनआरआई होने और उसके परिजनों द्वारा लिखित माफी मांगने के बाद संगठनों ने उदारता दिखाते हुए मामले को रफा-दफा करने का निर्णय लिया। हिंदू धर्म किसी का जीवन बर्बाद करना नहीं सिखाता: समाधिया बजरंग दल के महामंत्री नीलमणि समाधिया ने बताया कि हिंदू धर्म किसी का जीवन बर्बाद करना नहीं सिखाता। इसलिए, माफी मिलने पर उन्होंने आगे की कार्रवाई नहीं करने का फैसला किया है। संबंधित व्यक्ति अगले तीन दिन तक गौशाला में गौवंश की सेवा करेगा। पुलिस ने एनआरआइ को दी सख्त चेतावनी सिटी पुलिस स्टेशन के प्रभारी इंस्पेक्टर लखविंदर सिंह ने पुष्टि की कि दोनों पक्षों के बीच बातचीत से मामला सुलझ गया है। उन्होंने संबंधित व्यक्ति को सख्त चेतावनी दी है कि वह भविष्य में ऐसी भड़काऊ टिप्पणी कर शांति भंग करने की कोशिश न करे। इस अवसर पर आचार्य श्रीनिवास, राहुल बाली सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित थे।
बेतिया जिले में अवैध रूप से संचालित चिकित्सा केंद्रों के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग ने सख्त कार्रवाई की है। सिविल सर्जन विजय कुमार के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग, पश्चिम चंपारण की एक विशेष टीम ने जिले के विभिन्न क्षेत्रों में औचक निरीक्षण अभियान चलाया। निरीक्षण के दौरान जांच दल ने चिन्हित अस्पतालों के आवश्यक दस्तावेजों, पंजीकरण प्रमाणपत्रों और निर्धारित चिकित्सा मानकों की गहनता से जांच की। इस अभियान में कुल पांच संस्थानों की जांच की गई, जिनमें से एक अस्पताल सभी आवश्यक मानकों पर खरा उतरा और उसके दस्तावेज वैध पाए गए। कुल तीन अल्ट्रासाउंड केंद्रों की जांच की गई विभाग की कार्रवाई मुख्य रूप से अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर केंद्रित रही। कुल तीन अल्ट्रासाउंड केंद्रों की जांच की गई, जहां गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। टीम के पहुंचने पर एक केंद्र बंद मिला, जबकि शेष दो केंद्रों को तत्काल अपने वैध दस्तावेज विभाग के समक्ष प्रस्तुत करने की कड़ी चेतावनी दी गई है। निर्धारित समय सीमा में कागजात जमा न करने पर इन केंद्रों को सील करने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। अवैध रूप से संचालित दो नर्सिंग होम की भी जांच की गई इसके अतिरिक्त, अवैध रूप से संचालित दो नर्सिंग होम की भी जांच की गई। इनमें से एक नर्सिंग होम बंद पाया गया, जबकि दूसरे में गंभीर खामियां मिलीं, जिसके आधार पर उसके खिलाफ आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। स्वास्थ्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि अवैध चिकित्सा संस्थानों के खिलाफ यह अभियान जारी रहेगा। इसका उद्देश्य आम जनता को सुरक्षित और मानक के अनुरूप स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है।
मेरठ कैंट में जनगणना प्रशिक्षण का दूसरा दिन:डीएम-सीडीओ ने किया निरीक्षण, दिए महत्वपूर्ण निर्देश
भारत की जनगणना 2027 के अंतर्गत मेरठ छावनी क्षेत्र में जनगणना कार्य के लिए पर्यवेक्षकों और प्रगणकों के प्रशिक्षण का दूसरा सत्र दर्शन एकेडमी, मेरठ कैंट में आयोजित किया गया। प्रशिक्षण के दौरान प्रमुख जिला जनगणना अधिकारी/जिलाधिकारी डॉ. वी.के. सिंह और मुख्य विकास अधिकारी नूपुर गोयल ने प्रशिक्षण स्थल का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने कक्षाओं में जाकर पर्यवेक्षकों और प्रगणकों से संवाद किया। इस दौरान जनगणना के विभिन्न पहलुओं, विशेषकर हाउस लिस्टिंग ब्लॉक (HLB), बिल्डिंग, जनगणना मकान और परिवार आदि पर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों ने प्रशिक्षुओं से जनगणना के महत्व, आवश्यकता, नियम और परिभाषाओं के संबंध में प्रश्न भी पूछे। प्रथम चरण में HLB तैयार करने की प्रक्रिया पर भी विस्तृत चर्चा हुई। जिलाधिकारी डॉ. वी.के. सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि जनगणना कार्य एक महत्वपूर्ण दायित्व है, जिसमें सभी का पूर्ण योगदान अपेक्षित है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जिलाधिकारी प्रशिक्षण केंद्र पर संचालित व्यवस्थाओं और प्रशिक्षण की गुणवत्ता से संतुष्ट दिखे। उन्होंने जिला जनगणना प्रभारी श्री शिव कुमार और छावनी परिषद के प्रशिक्षण स्थल के इंचार्ज, सहायक अभियंता श्री पीयूष गौतम द्वारा किए गए प्रबंधों की सराहना की। इस अवसर पर प्रमुख जिला जनगणना अधिकारी डॉ. वी.के. सिंह और मुख्य विकास अधिकारी नूपुर गोयल ने दर्शन एकेडमी में अध्ययनरत बच्चों से उनके कक्ष में जाकर भेंट की। उन्होंने बच्चों से विभिन्न विषयों पर संवाद किया।
रायसेन और राजगढ़ पुलिस ने बुजुर्ग के साथ अमानवीय कृत्य और उसे जबरन पेशाब पिलाने के मामले में शुक्रवार को बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने इस घटना में शामिल आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।कार्रवाई दो दिनों तक चली संयुक्त धरपकड़ के बाद की गई। मामले के अनुसार, रायसेन निवासी एक बुजुर्ग के बेटे ने विदिशा जिले की एक नाबालिग लड़की को भगा लिया था। इसी रंजिश में लड़की पक्ष के लोग रायसेन पहुंचे और युवक के पिता को जबरन अपने साथ ले गए। आरोपियों ने बुजुर्ग को राजगढ़ जिले के ब्यावरा देहात थाना क्षेत्र में ले जाकर उनके साथ मारपीट की और अमानवीयता की सारी हदें पार करते हुए उन्हें शराब की बोतल में पेशाब भरकर पिलाया। आरोपियों ने इस घिनौने कृत्य का वीडियो भी बनाया था, जो बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो पुलिस के संज्ञान में आने के बाद जांच शुरू की गई। चूंकि घटना की शुरुआत बुजुर्ग को रायसेन स्थित उनके घर से उठाने (अपहरण) के साथ हुई थी, इसलिए रायसेन कोतवाली में भी एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है। दबिश में यह गिरफ्तार हुए आरोपी पुलिस ने रायसेन, विदिशा और भोपाल के विभिन्न क्षेत्रों में दबिश देकर आरोपियों को पकड़ा। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में वीरन उर्फ वीरेंद्र (19) निवासी विदिशा, धूलजी बंजारा (65), मलखान बंजारा (34), श्यामसिंह (32), खन्ना (32) निवासीगण ग्राम छातई जिला रायसेन, लक्ष्मण बंजारा (33), रोडजी बंजारा (42) निवासीगण ग्राम तलैया थाना शमशाबाद और मलखान पिता उधमसिंह (22) निवासी बरखेड़ी जिला भोपाल शामिल हैं। रायसेन के एडिशनल एसपी कमलेश कुमार ने बताया कि वायरल वीडियो और बुजुर्ग के साथ हुए अमानवीय कृत्य के मामले में रायसेन और राजगढ़ पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई की है। उन्होंने पुष्टि की कि रायसेन, विदिशा और भोपाल से कुल 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। कोतवाली में अपहरण और आईटी एक्ट सहित विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज कर जांच जारी है। घटना राजगढ़ (ब्यावरा) में हुई थी, इसलिए दोनों जिलों की पुलिस ने मिलकर आरोपियों को दबोचा।
अंबिकापुर के घनी आबादी वाले इलाके में संचालित मुकेश प्लास्टि एजेंसी में लगी भीषण आग के बाद कलेक्टर सरगुजा ने एक्शन लेते हुए सभी पटाखा गोदामों को शहर से बाहर हटाने का निर्देश दिया है। कलेक्टर ने मुकेश प्लास्टिक हाउस में लगी भीषण आग की जांच के लिए कमेटी भी बनाई है। इसमें एफएसएल के अधिकारी भी शामिल किए गए हैं। दुकान में बड़ी मात्रा में पटाखों के विस्फोट हुए, यह भी जांच के दायरे में है। अंबिकापुर के राममंदिर के सामने गली में संचालित मुकेश प्लास्टिक हाउस में गुरुवार दोपहर भीषण आग लग गई थी, जिसे काबू करने में 20 घंटे से अधिक का समय लगा। आग अब भी बिल्डिंग के अंदरूनी इलाके में लगी हुई है, लेकिन तीन मंजिला मकान के उपरी माले के ढहने के कारण फायर ब्रिगेड का अमला बाहर से ही पानी डाल रहा है। मौके पर शुक्रवार देर शाम तक फायर ब्रिगेड का अमला तैनात रहा। आगजनी की जांच करेगा संयुक्त दल जिला दंडाधिकारी व कलेक्टर अजीत वसंत ने आगजनी की जांच के लिए संयुक्त जांच दल का गठन किया गया है। कलेक्टर ने सात दिवस के भीतर जांच प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। कलेक्टर द्वारा गठित जांच दल में अंबिकापुर एसडीएम, सीएसपी अंबिकापुर, एफएसएल के अधिकारी,, जिला नगर सेना तथा नगर पालिक निगम के ईई शामिल हैं। जांच दल घटना के सभी पहलुओं की विस्तृत जांच करेगा। इसमें पटाखों के विस्फोट से आग के भयावह होना भी शामिल है। हादसे के बाद मौके पर कलेक्टर, एसपी सहित करीब तीन घंटे मौजूद रहे, इस दौरान भी पटाखों में धमाके होते रहे। वहीं संचालक का दावा है कि दुकान में पटाखे नहीं रखे गए थे। सभी पटाखा गोदाम शहर से बाहर होंगे शिफ्ट कलेक्टर अजीत वसंत ने आगजनी की घटना के बाद नगर में संचालित फटाका गोदामों को शहर से बाहर शिफ्ट करने का आदेश दिया है। अंबिकापुर में कुल 08 स्थाई फटाका लायसेंसधारी एवं 02 फटाका निर्माण के लायसेंसधारी हैं। इनमें मो. जुनैद, सतीश कुमार जैन, विनोद कुमार जैन, रोशनलाल गोयल, आशीष कुमार अग्रवाल, अजय कुमार गोयल, गौरीशंकर पाण्डेय, मुकेश कुमार अग्रवाल (दो लाइसेंस, जिनमें एक फटाका निर्माण हेतु) तथा मनोज कुमार मारू (फटाका निर्माण हेतु) शामिल हैं। एसडीएम अंबिकापुर सभी गोदामों को शहर से बाहर संचालित होने की जांच करेंगे। इसमें यह भी देखा जाएगा कि क्या ये सभी गोदाम रिहायसी क्षेत्र में स्थित हैं। गोदाम तक फायर ब्रिगेड के पहुंचने की क्या व्यस्था है। अवैध भण्डारण अथवा घनी आबादी के बीच गोदाम पाए जाते हैं तो उन्हें स्थानांतरित कराया जाएगा।
लखनऊ में चला LDA का बुलडोजर:95 बीघा जमीन में हो रही प्लाटिंग ध्वस्त किया, नक्शा नहीं था
लखनऊ विकास प्राधिकरण ने शुक्रवार को किसान पथ के पास अभियान चलाया। अवैध प्लाटिंग और अवैध निर्माण पर बुलडोजर चला। इस दौरान लगभग 95 बीघा में की जा रही 3 अवैध प्लाटिंग को ध्वस्त किया गया। एलडीए उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार के निर्देश पर प्रवर्तन जोन-1 की टीम ने यह कार्रवाई की। प्रवर्तन जोन-1 के जोनल अधिकारी देवांश त्रिवेदी ने बताया कि अजयवीर और उनके साथियों के द्वारा बी.बी.डी. थाना क्षेत्र के जुग्गौर के ग्राम-दुधरा और कुम्हारनपुरवा में किसान पथ के पास लगभग 50 बीघा क्षेत्रफल में अनाधिकृत रूप से प्लाटिंग का कार्य करते हुए अवैध कालोनी विकसित की जा रही थी। इसी तरह अवध डेवलपर्स के एस.पी. सिंह और अन्य के द्वारा ग्राम-मेहौरा और सिकन्दरपुर में लगभग 30 बीघा क्षेत्रफल में प्लाटिंग का कार्य किया जा रहा था जिसपर कार्रवाई की गई। अनमोल स्टेट और अन्य द्वारा ग्राम-नूरपुर बेहटा में लगभग 15 बीघा क्षेत्रफल में प्लाटिंग का कार्य कराया जा रहा था। एलडीए से नक्शा पास कराये बिना की जा रही इन तीनों अवैध प्लाटिंग को ध्वस्त कर दिया गया। भविष्य में अवैध निर्माण न करने की चेतावनी भी दी गई है। देवांश त्रिवेदी ने बताया कि LDA की तरफ से बार-बार सभी लोगों को इस चीज से अवगत कराया जा रहा है कि नक्शा पास करवाए बिना कोई भी निर्माण या प्लाटिंग का काम न करें। जो निर्माण या प्लाटिंग मानकों की विपरीत होगा उस पर कार्रवाई होना निश्चित है।
करनाल जिले में पंचायत और स्थानीय निकायों के खाली पदों के लिए हो रहे उपचुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया तेज हो गई है। शुक्रवार को जिला परिषद वार्ड नंबर 10 के लिए दो उम्मीदवारों ने अपने-अपने नामांकन पत्र दाखिल किए। इसी के साथ इस वार्ड में कुल नामांकन की संख्या बढ़कर चार हो गई है। शुक्रवार को गांव गढ़ी बीरबल निवासी सलिंदर कुमार और गांव दादूपुर रोडान निवासी पाल सिंह ने अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। इससे पहले दाखिल हुए नामांकन पत्रों को मिलाकर अब इस वार्ड में कुल 4 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं। तरावड़ी पालिका वार्ड 8 में अभी तक कोई नामांकन नहीं जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. आनंद कुमार शर्मा ने बताया कि तरावड़ी नगर पालिका के वार्ड नंबर 8 के उप चुनाव के लिए अभी तक एक भी नामांकन पत्र प्राप्त नहीं हुआ है, जिससे यहां चुनावी गतिविधियां अभी सुस्त नजर आ रही है। सरपंच और पंच पदों पर भी नामांकन जारी पंचायती राज संस्थाओं के खाली पदों के लिए भी नामांकन प्रक्रिया जारी है। अब तक सरपंच पद के लिए 2 और पंच पद के लिए 3 नामांकन पत्र जमा हो चुके हैं। 27 अप्रैल को छंटनी, 28 को नाम वापसी प्रशासन के अनुसार, सभी नामांकन पत्रों की छंटनी 27 अप्रैल को की जाएगी। इसके बाद 28 अप्रैल को सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक उम्मीदवार अपने नाम वापस ले सकेंगे। इसी दिन 3 बजे के बाद चुनाव चिन्ह आवंटित किए जाएंगे। उप चुनाव के लिए मतदान 10 मई को सुबह 8 बजे से शाम 6 बजे तक होगा। वहीं, मतगणना 13 मई को की जाएगी, जिसके बाद परिणाम घोषित होंगे।
हरदोई में 29 अप्रैल को प्रधानमंत्री द्वारा प्रस्तावित गंगा एक्सप्रेस-वे के लोकार्पण और जनसभा कार्यक्रम की तैयारियों की समीक्षा के लिए एक महत्वपूर्ण बैठक शुक्रवार को आयोजित की गई। बैठक लखनऊ मंडल के आयुक्त विजय विश्वास पंत और लखनऊ रेंज की आईजी किरण एस की अध्यक्षता में मल्लावां में हुई। इसमें हरदोई, कन्नौज, उन्नाव, शाहजहांपुर और फर्रुखाबाद जिलों के वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों ने भाग लिया। बैठक में जिलाधिकारी हरदोई अनुनय झा और पुलिस अधीक्षक अशोक मीणा ने जनपद में की जा रही तैयारियों का विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया। उन्होंने कार्यक्रम स्थल की सुरक्षा व्यवस्था, जनसभा के इंतजामों और गणमान्य व्यक्तियों व आमजन के सुगम आवागमन के लिए तैयार कार्ययोजना की जानकारी दी। आयुक्त विजय विश्वास पंत ने अधिकारियों के साथ आमजन की सुविधाओं पर चर्चा की। उन्होंने निर्देश दिए कि जनसभा में आने वाले नागरिकों के लिए विद्युत आपूर्ति, शुद्ध पेयजल, पर्याप्त बैठने की व्यवस्था और मोबाइल शौचालयों का समुचित प्रबंध सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि सभी व्यवस्थाएं समयबद्ध तरीके से पूरी की जाएं ताकि कोई असुविधा न हो। आईजी किरण एस ने सुरक्षा और यातायात प्रबंधन के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने प्रभावी रूट डायवर्जन प्लान तैयार करने और पार्किंग स्थलों का चयन इस प्रकार करने को कहा, जिससे आमजन को कम से कम पैदल चलना पड़े। उन्होंने सुरक्षा प्रोटोकॉल का कड़ाई से पालन करने और सभी जनपदों के पुलिस बल को आपसी समन्वय से काम करने के निर्देश भी दिए। बैठक के बाद जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने अधिकारियों के साथ कार्यक्रम स्थल का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ सभी तैयारियों को गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध ढंग से पूरा करने के निर्देश दिए।
दो शिफ्ट वाले स्कूल 12 बजे के बाद नहीं चलेंगे:बक्सर में हिट वेव को देखते हुए DM का निर्देश
बक्सर में भीषण गर्मी और लू के प्रकोप को देखते हुए जिला प्रशासन ने स्कूली बच्चों की सुरक्षा के लिए कड़े निर्देश जारी किए हैं। जिला दण्डाधिकारी साहिला के आदेशानुसार, जिले के सभी सरकारी और निजी विद्यालयों में दोपहर 12 बजे के बाद कक्षा 8 तक की शैक्षणिक गतिविधियों पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है। यह आदेश प्री-स्कूल, आंगनबाड़ी केंद्रों और कोचिंग संस्थानों पर भी लागू होगा। प्रशासन को जानकारी मिली है कि कुछ विद्यालय अभी भी दोपहर 12 बजे के बाद संचालित हो रहे हैं। इसे गंभीरता से लेते हुए, जिला प्रशासन ने सख्त चेतावनी जारी की है। सभी विद्यालयों को अपनी शैक्षणिक गतिविधियां 12 बजे से पहले समाप्त कर बच्चों को सुरक्षित घर भेजने का निर्देश दिया गया है। जिन विद्यालयों में दो शिफ्ट में पढ़ाई होती है, वहां भी दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच कोई कक्षा संचालित नहीं की जाएगी। मध्याह्न भोजन योजना को भी 12 बजे से पहले पूरा करने का निर्देश सरकारी विद्यालयों में मध्याह्न भोजन योजना को भी 12 बजे से पहले पूरा करने का निर्देश दिया गया है, ताकि बच्चों को तेज धूप में बाहर न रुकना पड़े। बच्चों को निर्जलीकरण से बचाने के लिए विशेष सावधानी बरतने को कहा गया है। प्रत्येक कक्षा शुरू होने से पहले 1-2 मिनट का वॉटर ब्रेक अनिवार्य किया गया है, और कक्षा के दौरान भी बच्चों को पानी पीने की अनुमति देने के निर्देश दिए गए हैं। विद्यालय प्रबंधन को यह भी सुनिश्चित करने को कहा गया है कि बच्चों को घर भेजने से पहले उन्हें पर्याप्त मात्रा में पानी पिलाया जाए। इसके अतिरिक्त, सभी स्कूलों को ओआरएस पाउडर का पर्याप्त भंडारण रखने और आवश्यकता पड़ने पर उसका उपयोग करने का निर्देश दिया गया है। प्रार्थना सभा को खुले मैदान में कराने पर भी रोक तेज धूप और गर्म हवा से बचाव के लिए कक्षाओं में बैठने की व्यवस्था भी इस प्रकार करने को कहा गया है कि बच्चे सीधे गर्मी के संपर्क में न आएं। जिन निजी विद्यालयों में परिवहन सुविधा उपलब्ध है, उन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि सभी वाहन 12 बजे से पहले ही स्कूल परिसर से रवाना हो जाएं और उनमें पीने के पानी व ओआरएस की व्यवस्था हो। इसके अलावा सुबह की प्रार्थना सभा को खुले मैदान में कराने पर भी रोक लगाते हुए इसे विद्यालय के कॉरिडोर या छायादार स्थान पर आयोजित करने का निर्देश दिया गया है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि बच्चों का स्वास्थ्य और सुरक्षा सर्वोपरि है। सभी विद्यालयों को इन निर्देशों का सख्ती से पालन करने का आदेश दिया गया है, अन्यथा कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
गुवाहाटी हाईकोर्ट ने शुक्रवार को असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा की पत्नी से जुड़े मामले में कांग्रेस नेता पवन खेड़ा की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी। जस्टिस पार्थिव ज्योति सैकिया ने कहा कि खेड़ा ने रिनिकी भुइयां शर्मा पर आरोप लगाने के लिए जिन दस्तावेजों को आधार बनाया है, पुलिस के मुताबिक वे पहले ही फर्जी साबित हो चुके हैं। कोर्ट ने कहा कि खेड़ा यह साबित नहीं कर पाए कि रिनिकी के पास कई देशों के पासपोर्ट हैं या उन्होंने अमेरिका में कंपनी बनाकर निवेश किया है। पहली नजर में ये फर्जी दस्तावेज रखने का केस बनता है। इसलिए पुलिस को जांच के लिए हिरासत में पूछताछ जरूरी है। क्या है पूरा मामला खेड़ा ने 5 अप्रैल को आरोप लगाया था कि असम CM सरमा की पत्नी रिनिकी भुइयां शर्मा के पास कई देशों के पासपोर्ट हैं और विदेश में अघोषित संपत्ति है। जिनका जिक्र चुनावी हलफनामे में नहीं किया गया। इसके बाद रिनिकी भुइयां शर्मा ने गुवाहाटी क्राइम ब्रांच में खेड़ा के खिलाफ केस दर्ज कराया था। कोर्ट बोला- निर्दोष महिला को राजनीति में घसीटा पहले क्या हुआ था 6 अप्रैल: हिमंता बोले- हमने प्रापर्टी के असली मालिक का पता लगाया हिमंता ने दुबई में फ्लैट होने के आरोपों का जवाब देते हुए एक वीडियो पोस्ट किया और लिखा था कि हमने दुबई के उन 2 अपार्टमेंट के असली मालिकों का पता लगा लिया है, जिनका जिक्र कांग्रेस ने किया है। ये फ्लैट मोहम्मद अहमद और फातिमा सुलेमान के हैं। 10 अप्रैल: तेलंगाना हाईकोर्ट से 7 दिन की ट्रांजिट अग्रिम जमानत ली तेलंगाना हाईकोर्ट ने खेड़ा को एक हफ्ते की ट्रांजिट अग्रिम जमानत दी थी, ताकि वे असम की अदालत में जा सकें। असम सरकार ने इस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी, जिसके बाद 15 अप्रैल को सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट के आदेश पर रोक लगा दी। 17 अप्रैल: पवन खेड़ा की ट्रांजिट अग्रिम जमानत बढ़ाने की मांग खारिज सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस नेता पवन खेड़ा की ट्रांजिट अग्रिम जमानत बढ़ाने की मांग खारिज कर दी थी। कोर्ट ने कहा कि वे अपनी याचिका असम की अदालत में दाखिल करें। ------------------------------------- ये खबर भी पढ़ें… असम पुलिस की कांग्रेस नेता पवन खेड़ा के घर छापेमारी, हिमंता बोले- पाताल से निकालेंगे सीएम हिमंता बिस्वा सरमा की पत्नी पर फर्जी पासपोर्ट का आरोप लगाने के दो दिन बाद असम पुलिस ने दिल्ली में कांग्रेस नेता पवन खेड़ा के घर छापा मारा। हिमंता की पत्नी की FIR के बाद यह कार्रवाई की गई है। हालांकि छापेमारी के वक्त पवन घर पर मौजूद नहीं थे। पूरी खबर पढ़ें…
मोहली में थार पर स्टंटबाजी एक युवक को भारी पड़ गई। हादसे के बाद दोस्तों ने उसे अधमरी हालत में गली में फेंकने की कोशिश की। हालांकि गली के कुत्तों के फौंकने पर लोगों को शक हुआ तो मौके पर पहुंचे। उन्होंने दोस्तों को पकड़ लिया। उनको धमकाने पर दोस्त उसे अस्पताल ले जाने की बात कहकर ले गए। लेकिन अस्पताल में भर्ती नहीं कराया। परिजनों ने उसे अस्पताल में भर्ती कराया है। जहां उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है और उसको होश नहीं आया है। परिजनों ने जानबूझकर घायल करने की आशंका जताई है। क्योकिं उसके सिर में गंभीर चोट लगी है। पुलिस का कहना है कि परिजनों के बयान के आधार पर केस दर्ज किया जाएगा। घायल दशमेश एंक्लेव निवासी 29 वर्षीय अंकुश महाजन पेशे से वकील हैं। अंकुश अभी भी अस्पताल में जिंदगी और मौत से जूझ रहा है। जिसे होश नहीं आया है। डॉक्टरों ने ब्रेन हैमरेज और मल्टीपल फ्रैक्चर की बात कही है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। जानिए- पूरे हादसे और दोस्तों के कारनामे बोनट पर बैठा था, गिरने से हुआ घायल: अंकुश दशमेश एंक्लेव निवासी 29 वर्षीय 17 अप्रैल की रात करीब डेढ़ बजे वह अपने दोस्तों के साथ थार पर फोटोशूट और स्टंट कर रहा था। दोस्तों के अनुसार, अंकुश बोनट पर बैठा था। गाड़ी की स्पीड 50 से 60 किलोमीटर प्रतिघंटा थी। संतुलन बिगड़ने से अंकुश गाड़ी से नीचे गिर गया। गली फेंकने वाले थे तभी भौंकने लगे कुत्ते:अंकुश इस हादसे में काफी चोटिल हो गया और बेहोश हो गया। इसपर दोस्त उसे अस्पताल ले जाने के बजाय उसके घर के पास एक गली में पहुंचे। वे अंकुश को अधमरी हालत में फेंकने ही वाले थे कि कुत्ते जोर जोर से भौंकने लगे। इससे आसपास के लोग बाहर आ गए। लोगों को शक हुआ। जब उन्हें रोका, तो आरोपी भागने लगे। लोगों की सख्ती के बाद ले गए अस्पताल: लोगों ने सख्ती दिखाते हुए कहा कि यदि युवक जिंदा है तो उसे तुरंत अस्पताल ले जाया जाए। इस दबाव में आकर आरोपी युवक अंकुश को दोबारा गाड़ी में डालकर मोहाली के एक अस्पताल ले गए। वहां उपचार के बाद उसे छुट्टी दे दी गई और रात को ही घर पर छोड़ दिया गया। कंपाउंडर को बुलाकर लगवाया इंजेक्शन, तीन दिन से होश नहीं: अगले दिन दोस्तों ने परिवार को मामूली चोट की बात कहकर एक कथित कंपाउंडर को घर बुलाया, जिसने अंकुश को इंजेक्शन लगा दिया। इसके बाद अंकुश तीन दिन तक अचेत रहा। हालत गंभीर होने पर परिजन उसे जीएमसीएच-32 चंडीगढ़ ले गए। जहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। सिर में मल्टीपल फ्रैक्चर और ब्रेन हैमरेज, जान बूझकर चोट मारने की आशंका जांच के दौरान अंकुश के सिर में मल्टीपल फ्रैक्चर और हेमरेज की पुष्टि हुई। डॉक्टरों ने उसकी हालत नाजुक बताई है। अंकुश के जीजा विकास गुप्ता ने संदेह व्यक्त किया है कि 50-60 की रफ्तार से गिरने पर शरीर के अन्य हिस्सों पर भी चोट लगती, आशंका है कि सिर पर जानबूझकर चोट पहुंचाई गई है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। इलाज के बाद बयान दर्ज कारएंगे पुलिस पोस्ट सन्नी एंक्लेव के इंचार्ज हरदीप सिंह ने बताया कि उन्होंने परिजनों से बात की है। परिजनों ने लिखकर दिया है कि वे पहले इलाज करवाएंगे और बाद में बयान दर्ज करवाएंगे। उन्होंने कहा कि बयान दर्ज होने के बाद ही एफआईआर दर्ज करना संभव होगा और जांच जारी है।
हरदा में पांच दिवसीय परशुराम जयंती महोत्सव के अंतिम दिन शुक्रवार शाम को सर्व ब्राह्मण समाज ने शहर में भव्य शोभायात्रा निकाली। इस दौरान मुस्लिम समाज के लोगों ने भी अन्नापुरा में शोभायात्रा का स्वागत किया, जो सांप्रदायिक सौहार्द का प्रतीक बना। शोभायात्रा में समाज की बेटियों, महिलाओं और पुरुषों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। सभी ने भगवान परशुराम के जयकारे लगाए। पुलिस और जिला प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए थे। यात्रा में आकर्षक झांकियां निकाली गईं, जो लोगों के बीच आकर्षण का केंद्र रहीं। जगह-जगह विप्र समाज के लोगों ने जलपान की व्यवस्था की थी। राजनीतिक दलों और सामाजिक संगठनों ने भी पुष्प वर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत किया। तीन तस्वीरों में देखिए शोभायात्रा ब्राह्मण एकता जिंदाबाद के लगे नारे डीजे की धुन पर युवा वर्ग 'जय जय परशुराम' और 'ब्राह्मण एकता जिंदाबाद' जैसे नारों के साथ उत्साह में झूमता नजर आया। इस अवसर पर ब्राह्मण समाज की एकता पर जोर दिया गया। वक्ताओं ने समाज को संगठित होकर अपनी शक्ति का प्रदर्शन करने और निर्धन ब्राह्मण परिवारों के उत्थान के लिए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया। यह शोभायात्रा मिडिल स्कूल ग्राउंड से शुरू होकर चांडक चौक, घंटाघर, जैसानी चौक होते हुए परशुराम चौक पहुंची। परशुराम चौक पर प्रतीक चिन्ह का पूजन किया गया, जिसके बाद शोभायात्रा वापस मिडिल स्कूल ग्राउंड पर समाप्त हुई। यात्रा समापन के बाद गंगा आरती की तर्ज पर महाआरती की गई। सफल आयोजन पर अध्यक्ष सुनील तिवारी ने सभी का आभार व्यक्त किया।
मुजफ्फरनगर जिला कारागार से एक सकारात्मक खबर सामने आई है, जहाँ दो बंदियों ने हाल ही में घोषित बोर्ड परीक्षाओं में सफलता प्राप्त की है। इन बंदियों ने जेल में रहते हुए पढ़ाई कर हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षाएँ उत्तीर्ण की हैं, जिससे यह साबित होता है कि विपरीत परिस्थितियों में भी शिक्षा के माध्यम से जीवन को नई दिशा दी जा सकती है। हाईस्कूल परीक्षा में हत्या के मामले में बंद अंकित पाल (पुत्र जयविंद्र) ने प्रथम श्रेणी में 62.5 प्रतिशत अंक प्राप्त किए हैं। अंकित को भोपा पुलिस ने 13 मई 2023 को जेल भेजा था। उसने कारागार में रहते हुए ही अपनी पढ़ाई जारी रखी और पुलिस अभिरक्षा में बोर्ड की परीक्षा दी। वहीं, इंटरमीडिएट (विज्ञान वर्ग) की परीक्षा में बंदी आयुष (पुत्र सुनील) ने द्वितीय श्रेणी में 56 प्रतिशत अंक प्राप्त कर सफलता हासिल की। आयुष को खतौली पुलिस ने एससी/एसटी एक्ट सहित विभिन्न धाराओं के तहत 27 जनवरी 2024 को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। हालांकि, वह 16 नवंबर 2024 को जमानत पर रिहा हो गया था। जेल प्रशासन के अनुसार, आयुष का नामांकन कारागार स्तर पर ही कराया गया था और उसे परीक्षा की तैयारी भी जेल में रहते हुए करवाई गई। रिहा होने के बाद उसने परीक्षा दी और उत्तीर्ण हुआ। दोनों बंदियों के ये परिणाम उनके व्यक्तिगत प्रयासों के साथ-साथ सही मार्गदर्शन और अवसरों की उपलब्धता को भी दर्शाते हैं। बताया गया है कि दोनों बंदियों ने जेल में नियमित रूप से पढ़ाई की और परीक्षा की तैयारी की। कारागार प्रशासन ने उन्हें अध्ययन सामग्री उपलब्ध कराई और पढ़ाई के लिए अनुकूल वातावरण भी प्रदान किया। जेल प्रशासन का मानना है कि शिक्षा बंदियों के मानसिक और सामाजिक सुधार का एक प्रभावी माध्यम है।
जबलपुर नगर निगम की साधारण सभा की बैठक में कुल 19 प्रस्तावों में से 18 को सर्वसम्मति से पारित कर दिया गया। इस दौरान कुछ समय तक गहमागहमी का माहौल भी रहा, लेकिन अंततः सदन ने अधिकांश प्रस्तावों पर सहमति बना ली। सभापति की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में महापौर और एमआईसी द्वारा कुल 19 प्रस्ताव रखे गए थे। 18 प्रस्तावों का सर्वसम्मति से पारित होना पार्षदों के बीच बेहतर समन्वय और विकास को लेकर साझा सोच का संकेत माना जा रहा है। शहर में सफाई व्यवस्था से संबंधित एक महत्वपूर्ण प्रस्ताव में धारा 3.01C को हटाने पर चर्चा हुई। हालांकि, इसे यथावत रखते हुए संबंधित टेंडर की अवधि छह महीने के लिए बढ़ा दी गई। विपक्ष ने इस प्रस्ताव पर जोरदार बहस की, जिसके बाद इसे स्थगित कर दिया गया। विपक्ष का कई मुद्दे पर हंगामा विपक्ष के नेता अमरेश मिश्रा ने इसे विपक्ष की बड़ी जीत बताया। उन्होंने कहा कि इस निर्णय में उन्हें सत्ता पक्ष के पार्षदों का भी सहयोग मिला। महिला सशक्तिकरण से संबंधित ‘नारी शक्ति वंदन’ प्रस्ताव पर सदन में तीखी बहस और हंगामा देखने को मिला। हालांकि, बाद में इसे बहुमत से मंजूरी दे दी गई। महापौर जगत बहादुर सिंह “अन्नू” ने कहा कि शहर के विकास में पार्षदों की भूमिका सर्वोपरि है। उन्होंने प्रत्येक पार्षद के सुझाव और निर्णय को शहर की प्रगति के लिए महत्वपूर्ण बताया। बैठक में शहर की सफाई और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए 97 करोड़ रुपए के टेंडर को मंजूरी दी गई। यह टेंडर जल्द जारी किया जाएगा, जिसका उद्देश्य आधुनिक संसाधनों के माध्यम से स्वच्छता व्यवस्था को और बेहतर बनाना है। इसके अतिरिक्त, शहर के विभिन्न मार्गों, चौकों और स्थलों के नामकरण से जुड़े सभी प्रस्ताव भी सर्वसम्मति से पारित किए गए। यह निर्णय शहर की सांस्कृतिक पहचान और विरासत को सहेजने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
तालाब में डूबकर 6 साल के बच्चे की मौत:संभल में चचेरे भाई के साथ खेलते समय पैर फिसलने से हादसा
संभल जिले के हयातनगर थाना क्षेत्र के लहरा कमंगर गांव में शुक्रवार को एक 6 वर्षीय बच्चे की तालाब में डूबने से मौत हो गई। जुम्मे की नमाज के दौरान हुए इस हादसे में रेहान पुत्र गोसे आजम की जान चली गई। जानकारी के अनुसार, रेहान अपने चचेरे भाई कबीर के साथ तालाब के किनारे खेल रहा था। खेलते समय उसका पैर फिसल गया और वह तालाब के गहरे पानी में जा गिरा। कबीर के शोर मचाने पर ग्रामीण मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद बच्चे को तालाब से बाहर निकाला। परिजन तुरंत उसे एक निजी अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। बच्चे की मौत की खबर से परिवार में कोहराम मच गया। मृतक के पिता गोसे आजम ने बताया कि घर के सभी सदस्य जुम्मे की नमाज में व्यस्त थे, तभी दोनों भाई खेलते हुए तालाब के पास पहुंच गए थे। उन्होंने इसे एक हादसा बताया और कहा कि उन्होंने कोई पुलिस कार्रवाई नहीं की है। शुक्रवार शाम करीब 5:30 बजे गमगीन माहौल में रेहान को सुपुर्दे खाक कर दिया गया। थाना प्रभारी उमेश सोलंकी ने बताया कि घटना की सूचना परिवार द्वारा थाने को नहीं दी गई है, लेकिन मामला संज्ञान में आया है। उन्होंने कहा कि यदि परिवार की ओर से कोई शिकायत मिलती है, तो जांच कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
गयाजी के अल्पसंख्यक तालीमी इदारे मिर्जा ग़ालिब कॉलेज में तरक़्क़ी का नया सफर शुरू हो गया है। सालों पुरानी जर्जर इमारत को डिमॉलिश कर दिया गया। उसी जगह शुक्रवार को नई, आलीशान और मॉडर्न बिल्डिंग की बुनियाद रखी गई। इस अहम मौके पर कॉलेज के प्रिंसिपल, शासी निकाय के सदर प्रोफेसर हफ़िजूर रहमान व सचिव शबी आरफीन शमशी ने शिलान्यास किया। कार्यक्रम के बाद पूरे कैंपस में खुशी का माहौल दिखा। कॉलेज इंतेजामिया का कहना है कि यह सिर्फ इमारत नहीं, बल्कि आने वाले कल की मजबूत बुनियाद है। नई बिल्डिंग में तालीम के तमाम आधुनिक साधन मुहैया कराए जाएंगे। स्मार्ट क्लास, बेहतर क्लासरूम और टेक्निकल सुविधाएं छात्रों को मिलेंगी। इससे पढ़ाई का माहौल और बेहतर होगा। प्रबंधन ने बताया कि मिर्जा ग़ालिब कॉलेज की बुनियाद 1969 में रखी गई थी। शहर के मशहूर शिक्षाविदों और समाज के जिम्मेदार लोगों की कोशिशों से यह इदारा खड़ा हुआ। शुरुआती दौर में कई उतार-चढ़ाव आए, लेकिन कॉलेज ने हर मुश्किल को पार करते हुए अपनी एक अलग पहचान बनाई। आज यह मगध विश्वविद्यालय के बेहतरीन कॉलेजों में शुमार है। बिहार का इकलौता माइनॉरिटी कॉलेज कॉलेज में 18 स्नातक और 18 स्नातकोत्तर कोर्स चल रहे हैं। खास बात यह है कि यह बिहार का इकलौता माइनॉरिटी कॉलेज है, जहां तमाम विषयों में पीजी की पढ़ाई होती है। करीब 10 हजार छात्र-छात्राएं यहां तालीम हासिल कर रहे हैं। कॉलेज के स्टूडेंट्स लगातार यूनिवर्सिटी में टॉपर बनते रहे हैं। पिछले कुछ सालों में कॉलेज ने तेज़ी से तरक़्क़ी की है। 2018 में मगध विश्वविद्यालय के करीब 2.87 एकड़ जमीन खरीदी गई। NAAC से ग्रेड-B की मान्यता मिली। 2022 में नया वोकेशनल भवन तैयार हुआ। पूरा सिस्टम कैशलेस किया गया। डिजिटल लाइब्रेरी और मॉडर्न लैब भी स्थापित की गई। कॉलेज में 60 क्लासरूम और 7 स्मार्ट क्लास मौजूद हैं। 25 हजार से ज्यादा किताबों से लैस डिजिटल लाइब्रेरी छात्रों के लिए उपलब्ध है। वोकेशनल और स्किल बेस्ड कोर्स पर खास तवज्जो दी जा रही है। ताकि छात्रों को रोजगार के बेहतर मौके मिल सकें। कॉलेज इंतेजामिया का कहना है कि नई बिल्डिंग बनने से इंफ्रास्ट्रक्चर और मजबूत होगा। डिजिटल कैंपस का ख्वाब भी जल्द पूरा होगा। इस मौके पर अल्लामा गालिब की कालेज कैम्पस में एक अदना सा भी स्टैच्यू नहीं होने से जुड़े सवाल के जवाब में प्रबंधन ने कहा कि पूर्व में हमारे पास जगह नहीं थी। लेकिन अब हमें जगह मिली है। निश्चित तौर पर देश की हसीन शख्सियत मिर्जा गालिब का स्टैच्यू होगा। क्योंकि कालेज ही उनके नाम से है। इंतेजामिया को उम्मीद है कि यह नया कदम कॉलेज को कामयाबी की नई बुलंदियों तक ले जाएगा। नई इमारत को उसी दिशा में एक अहम मील का पत्थर माना जा रहा है।
बांका नगर स्थित भाजपा कार्यालय में शुक्रवार की संध्या जन आक्रोश प्रेसवार्ता का आयोजन किया गया।इस प्रेस वार्ता में लोकसभा में महिला आरक्षण विधेयक(131वां संशोधन)पारित न होने को लेकर भाजपा नेताओं ने कड़ा विरोध दर्ज कराया।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भाजपा की प्रदेश प्रवक्ता डॉ. प्रीति शेखर ने विपक्षी दलों पर जमकर निशाना साधा और इस मुद्दे को देश की महिलाओं के सम्मान से जुड़ा बताया। डॉ.प्रीति शेखर ने अपने संबोधन में कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम देश की महिलाओं के लिए एक ऐतिहासिक अवसर था,जिससे उन्हें राजनीति में अधिक भागीदारी मिल सकती थी।उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी दलों ने इस विधेयक को पारित नहीं होने देकर महिलाओं की आकांक्षाओं को आघात पहुंचाया है।उन्होंने कहा कि17अप्रैल का दिन केवल एक विधेयक के गिरने का दिन नहीं था,बल्कि यह दिन विपक्षी गठबंधन के नेताओं के महिलाओं के प्रति दृष्टिकोण को भी उजागर करता है। ''राजनीतिक भागीदारी देने में गंभीरता नहीं दिखाई जाती'' उन्होंने कहा कि विपक्षी दल अक्सर मंचों पर महिलाओं के अधिकारों और सशक्तिकरण की बात करते हैं, लेकिन जब उन्हें वास्तविक अवसर देने की बारी आती है, तो वे पीछे हट जाते हैं।यह उनका दोहरा चरित्र दर्शाता है।उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव के समय महिलाओं को लुभाने के लिए बड़े-बड़े वादे किए जाते हैं, लेकिन उन्हें राजनीतिक भागीदारी देने में गंभीरता नहीं दिखाई जाती। प्रेस वार्ता के दौरान पूर्णिया सांसद पप्पू यादव द्वारा महिलाओं को लेकर की गई कथित टिप्पणी की भी कड़ी आलोचना की गई।कहा आप अपनी गंदी मानसिकता को आप अपने जुबान के अंदर ही रखने की कोशिश करिए। डॉ.प्रीति शेखर ने कहा कि इस तरह की बयानबाजी न केवल अनुचित है,बल्कि यह महिलाओं के सम्मान को ठेस पहुंचाने वाली है।उन्होंने कहा कि बिहार की महिलाएं ऐसे बयानों को सहन नहीं करेंगी और उचित समय पर इसका जवाब देंगी। ''इनकी नीति और नीयत दोनों में खामियां'' उन्होंने कांग्रेस,राजद और अन्य विपक्षी दलों पर आरोप लगाते हुए कहा कि इनकी नीति और नीयत दोनों में खामियां हैं। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के नेतृत्व में विपक्ष ने इस महत्वपूर्ण विधेयक को रोककर महिलाओं के अधिकारों के साथ अन्याय किया है।इसके विपरीत,नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार और नीतीश कुमार की सरकार लगातार महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए कार्य कर रही हैं। डॉ. प्रीति शेखर ने कहा कि विपक्ष का दोहरा चरित्र अब पूरी तरह उजागर हो चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि ये दल एक ओर अपने परिवार के सदस्यों को राजनीति में आगे बढ़ाते हैं, वहीं दूसरी ओर गरीब, दलित, आदिवासी और पिछड़े वर्ग की महिलाओं को अवसर देने से कतराते हैं। उन्होंने ममता बनर्जी का उल्लेख करते हुए कहा कि एक महिला नेता होने के बावजूद उनका इस विधेयक को समर्थन नहीं देना दुर्भाग्यपूर्ण है। मुद्दे को लेकर देशभर की महिलाओं में आक्रोश उन्होंने दावा किया कि इस मुद्दे को लेकर देशभर की महिलाओं में आक्रोश है और विभिन्न स्थानों पर विरोध प्रदर्शन और मार्च निकाले जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि महिलाएं विपक्ष के इस रवैये को कभी नहीं भूलेंगी और इसका असर आने वाले चुनावों में जरूर देखने को मिलेगा। अपने संबोधन में डॉ. प्रीति शेखर ने केंद्र सरकार की महिला सशक्तिकरण से जुड़ी योजनाओं का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं लागू की गई हैं, जिनसे उनकी सामाजिक और आर्थिक स्थिति में सुधार हुआ है। उन्होंने कहा कि यदि यह विधेयक पारित हो जाता, तो संसद और विधानसभाओं में महिलाओं की भागीदारी और अधिक मजबूत होती। महिलाओं के अधिकारों की लड़ाई जारी रखेंगे ऐतिहासिक संदर्भ देते हुए उन्होंने कहा कि पूर्व में एच. डी. देवगौड़ा की सरकार के समय भी महिला आरक्षण बिल पेश किया गया था, जिसमें अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षण का प्रावधान था। बाद में यूपीए सरकार के दौरान भी यह विधेयक राज्यसभा में पारित हुआ था, जिसे भाजपा का समर्थन प्राप्त था, लेकिन सहयोगी दलों के विरोध के कारण इसे लोकसभा में पारित नहीं किया जा सका। डॉ. प्रीति शेखर ने भीमराव अंबेडकर के कथन का उल्लेख करते हुए कहा कि किसी भी समाज की प्रगति का आकलन वहां की महिलाओं की स्थिति से किया जाता है। ऐसे में महिलाओं के अधिकारों से जुड़े इस महत्वपूर्ण विधेयक को रोकना समाज के विकास के खिलाफ है। प्रेस वार्ता के अंत में भाजपा नेताओं ने स्पष्ट किया कि वे इस मुद्दे को लेकर जनजागरण अभियान चलाएंगे और महिलाओं के अधिकारों की लड़ाई जारी रखेंगे। कार्यक्रम में भाजपा की जिला मंत्री नीलम सिंह, रेजिना हेम्ब्रम, भारती ठाकुर, महिला मोर्चा की जिलाध्यक्ष रानी महकम, जिला महामंत्री हेमलता देवी, भाजपा नेता मुकेश सिन्हा एवं गौरी शंकर सिंह सहित कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
बुरहानपुर में कलेक्टर हर्ष सिंह ने शुक्रवार को जिला चिकित्सालय का आकस्मिक निरीक्षण किया। उन्होंने अस्पताल के विभिन्न वार्डों और कक्षों का अवलोकन कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और उन्हें और बेहतर बनाने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर सिंह ने सिकल सेल वार्ड, महिला वार्ड, गर्भवती महिला ओपीडी, प्रसूति प्रतीक्षालय, लू व डायरिया वार्ड और नवीन कक्षों सहित अन्य महत्वपूर्ण व्यवस्थाओं का बारीकी से मुआयना किया। कलेक्टर ने अस्पताल में साफ-सफाई, उपलब्ध संसाधनों, चिकित्सा सेवाओं और मरीजों को दी जा रही सुविधाओं का जायजा लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी वार्डों में स्वच्छता बनाए रखी जाए और मरीजों को समय पर बेहतर उपचार एवं सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं। फीडबैक लेकर समस्याओं को समझा कलेक्टर सिंह ने मरीजों से सीधे संवाद कर अस्पताल में मिल रही सुविधाओं, उपचार व्यवस्था और कर्मचारियों के व्यवहार संबंधी जानकारी प्राप्त की। उन्होंने मरीजों से फीडबैक लेकर उनकी समस्याओं को समझा। इस निरीक्षण के दौरान सीईओ जिला पंचायत एवं अपर कलेक्टर सृजन वर्मा, सीएमएचओ डॉ. आरके वर्मा, सिविल सर्जन डॉ. दर्पण टोके, आरएमओ भूपेंद्र गौर सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
खरगोन में भारतीय किसान मोर्चा ने प्रदेश सरकार द्वारा भूमि अधिग्रहण पर चार गुना मुआवजे के कैबिनेट फैसले का स्वागत किया। इस फैसले के बाद शुक्रवार शाम भाजपा कार्यालय में आतिशबाजी की गई और मिठाई बांटकर खुशी मनाई गई। इस अवसर पर किसान मोर्चा के प्रदेश महामंत्री मनोज लधवे भी मौजूद रहे। उन्होंने इस निर्णय को किसानों की समृद्धि के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि यह कदम ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगा और किसानों को सीधा लाभ देगा। गेहूं खरीदी और निर्यात पर भी की चर्चा मनोज लधवे ने बताया कि युद्ध जैसी परिस्थितियों के कारण निर्यात प्रभावित हुआ है और गेहूं खरीदी में भी चुनौतियां सामने आई हैं। उन्होंने कहा कि अब तक 19 लाख किसानों का पंजीयन हो चुका है और सरकार शत-प्रतिशत गेहूं खरीदी सुनिश्चित करेगी। कार्यक्रम में भाजपा जिलाध्यक्ष नंदा ब्राह्मणे सहित किसान मोर्चा के कई पदाधिकारियों ने सरकार के इस फैसले की सराहना की और किसानों के हित में इसे बड़ा कदम बताया। इस अवसर पर किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष महेश गुर्जर, जिला पंचायत उपाध्यक्ष बापूसिंह परिहार, जिला उपाध्यक्ष शंभूसिंह मनहर, शालिनी रतोरिया, विवेक भटोरे, प्रकाश पाटीदार, हरेसिंह चावड़ा सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद थे।
बागपत डीएम ऑफिस से पकड़ा गया लंगूर:लोगों पर हमला करने की शिकायतों के बाद वन विभाग ने की कार्रवाई
बागपत कलेक्ट्रेट परिसर में लंबे समय से चर्चा में रहे ‘मटरू’ नामक लंगूर को वन विभाग की टीम ने पकड़ लिया है। यह लंगूर कलेक्ट्रेट, अधिकारियों के कार्यालयों, कैंटीन और विकास भवन सहित कई जगहों पर अक्सर देखा जाता था और स्थानीय स्तर पर काफी चर्चित हो गया था। ‘मटरू’ पहली बार उस समय सुर्खियों में आया था, जब किसानों के धरना प्रदर्शन के दौरान समस्याएं सुन रहीं जिलाधिकारी के पास पहुंच गया था। जिलाधिकारी द्वारा उसे दुलारने के बाद यह लोगों के बीच खासा लोकप्रिय हो गया। इसके बाद एक और वाकये में यह विकास भवन सभागार में आयोजित बैठक के दौरान जिलाधिकारी की कुर्सी पर जा बैठा था, जिसकी तस्वीरें और चर्चाएं काफी वायरल हुई थीं। हालांकि हाल के दिनों में फरियादियों की ओर से लंगूर को लेकर शिकायतें मिलने लगी थीं। आरोप था कि वह कई बार लोगों पर हमला भी कर चुका है, जिससे दहशत का माहौल बनने लगा था। इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए वन विभाग ने कार्रवाई की और लंगूर को पकड़ लिया। विभाग के अधिकारियों के अनुसार, ‘मटरू’ को किसी सुरक्षित स्थान पर छोड़ा जाएगा, ताकि लोगों की सुरक्षा भी बनी रहे और वन्यजीव को भी नुकसान न पहुंचे।
ऑपरेशन सिंदूर के बाद अजमेर जिले में आपात स्थिति से निपटने की तैयारियों को परखने के लिए शुक्रवार शाम कलेक्ट्रेट परिसर में मॉकड्रिल का आयोजन किया गया। शाम करीब 7:30 बजे सायरन बजाकर आपात स्थिति का संकेत दिया गया, जिसके साथ ही पूरा प्रशासन अलर्ट मोड पर आ गया। ड्रिल के दौरान कलेक्ट्रेट परिसर में 5 से अधिक बम ब्लास्ट होने की काल्पनिक सूचना प्रसारित की गई। सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और राहत एजेंसियों ने तुरंत मोर्चा संभाल लिया। कलेक्ट्रेट में ब्लैकआउट किया गया। मौके पर एसडीआरएफ, सिविल डिफेंस, फायर ब्रिगेड और चिकित्सा टीमों को सक्रिय किया गया। अतिरिक्त जिला कलेक्टर सहित वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे और पूरे ऑपरेशन की मॉनिटरिंग की। मॉक ड्रिल के तहत घायलों को सुरक्षित बाहर निकालने, प्राथमिक उपचार देने और एम्बुलेंस के जरिए अस्पताल पहुंचाने की प्रक्रिया का अभ्यास किया गया। रेस्क्यू टीमों ने घायलों को कलेक्ट्रेट परिसर से निकालकर जवाहरलाल नेहरू चिकित्सालय पहुंचाया, जहां पहले से चिकित्सा टीम तैनात रही। करीब 23 मिनट तक चले इस मॉक ड्रिल के दौरान एसडीआरएफ की डॉग स्क्वायड टीम ने पूरे परिसर में सघन तलाशी ली। फायर ब्रिगेड ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाने का अभ्यास किया। अंत में सायरन बजाकर रेस्क्यू ऑपरेशन समाप्त किया गया। एडीएम सिटी नरेंद्र मीणा और एडिशनल एसपी हिमांशु जांगिड़ ने बताया कि इस तरह की मॉक ड्रिल का उद्देश्य आपातकालीन परिस्थितियों में विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय को मजबूत करना और प्रतिक्रिया समय को बेहतर बनाना है। ड्रिल के दौरान सुरक्षा व्यवस्था, राहत कार्य और चिकित्सा सेवाओं की तत्परता का भी आंकलन किया गया। मॉक ड्रिल के सफल समापन के बाद अधिकारियों ने सभी संबंधित विभागों की कार्यप्रणाली की समीक्षा करते हुए आवश्यक सुधार के निर्देश भी दिए।
उत्तर प्रदेश होमगार्ड्स भर्ती परीक्षा को लेकर अयोध्या परिक्षेत्र में व्यापक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। 25, 26 और 27 अप्रैल को होने वाली इस परीक्षा में पांच जिलों के करीब 1 लाख 10 हजार अभ्यर्थी शामिल होंगे। इसके लिए परिक्षेत्र में लगभग 50 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। सुरक्षा व्यवस्था के तहत करीब 2000 पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है, जिससे परीक्षा शांतिपूर्ण और निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराई जा सके। अयोध्या में 10 केंद्र, 6 पालियों में 24 हजार से ज्यादा परीक्षार्थीजिले में 10 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां 6 पालियों में कुल 24,192 अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। प्रत्येक पाली में 4032 अभ्यर्थियों की उपस्थिति रहेगी। डीआईजी सोमेन वर्मा ने अयोध्या मंडल के परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण कर अधिकारियों को पारदर्शिता और शुचिता के साथ परीक्षा कराने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि केंद्रों पर जीआरपी, आरटीओ, एआरटीओ और पीआरवी की तैनाती भी की गई है, ताकि यातायात व्यवस्था प्रभावित न हो। सीसीटीवी निगरानी, कंट्रोल रूम से होगी मॉनिटरिंगएसएसपी डॉ गौरव ग्रोवर ने बताया कि सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं और भर्ती बोर्ड के दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित किया गया है। एसपी सिटी चक्रपाणि त्रिपाठी के अनुसार पुलिस लाइन में कंट्रोल रूम बनाया गया है, जहां से पूरी परीक्षा की निगरानी की जाएगी। हर केंद्र पर सेक्टर मजिस्ट्रेट और पुलिस बल तैनात रहेगा। परीक्षा केंद्रों पर सख्ती, ये सामान पूरी तरह प्रतिबंधितएसपी सिटी ने बताया कि परीक्षा केंद्र के अंदर मोबाइल फोन, इलेक्ट्रॉनिक गैजेट, पर्स, स्मार्टवॉच, स्मार्टबैंड, सनग्लासेस और हैंडबैग ले जाना पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। अभ्यर्थियों को केवल पेन, प्रवेश पत्र और मूल पहचान पत्र के साथ ही प्रवेश मिलेगा। सभी केंद्रों पर क्लॉक रूम, पेयजल, स्वास्थ्य सेवाएं, एंबुलेंस और बिजली की वैकल्पिक व्यवस्था भी सुनिश्चित की गई है।
मध्य प्रदेश के नर्सिंग कॉलेज मान्यता फर्जीवाड़े मामले में शुक्रवार को सुनवाई हुई। एमपी हाईकोर्ट के जस्टिस विवेक अग्रवाल एवं जस्टिस अविनेंद्र कुमार सिंह की युगलपीठ ने कहा कि बिना हाईकोर्ट की अनुमति के परीक्षाएं नहीं होगी। आगामी परीक्षाओं के लिए नर्सिंग काउंसिल को अनुमति लेनी होगी। साथ ही अपात्र काॅलेजों के छात्रों को पात्र कॉलेजों में ट्रांसफर किए जाए। बता दें, 28 अप्रैल से परीक्षाएं आयोजित की गई थी। इससे पहले हाईकोर्ट के आदेश पर सीबीआई ने जांच की तो पाया कि 800 में से 600 कॉलेज अपात्र थे। कोर्ट का यह फैसला प्रदेश के 30 हजार से ज्यादा नर्सिंग छात्रों के लिए झटका है। परीक्षाओं के लिए हाईकोर्ट की अनुमति जरूरी लॉ स्टूडेंट्स एसोसिएशन की जनहित याचिका में मध्य प्रदेश में 2020-21 में खुले सैकड़ों फर्जी नर्सिंग कॉलेजों की मान्यता प्रक्रिया को चुनौती दी गई थी। जिसमें बताया गया कि हाईकोर्ट की सख्ती के बाद हुई सीबीआई जांच में लगभग 800 नर्सिंग कॉलेजों में से करीब 600 कॉलेज अनुपयुक्त या कमियों से भरे पाए गए थे। इन संस्थानों में भवन, लैब, लाइब्रेरी, अनुभवी शिक्षक और 100 बिस्तरों वाले अस्पताल जैसी अनिवार्य सुविधाओं की भारी कमी पाई गई थी। कई कॉलेज केवल कागजों पर चल रहे थे और कई प्रिंसिपल और शिक्षक 15-15 कॉलेजों में एक साथ कार्यरत दर्शाए गए थे। अपात्र को सूटेबल कॉलेज में करना था ट्रांसफर मामले में याचिकाकर्ता एसोसिएशन ने आवेदन पेश कर आरोप लगाया था कि छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले कागजी /अमानक कालेजों में जीएनएम कोर्स संचालित करने वाले जो 117 नर्सिंग कॉलेज सीबीआई जांच में अपात्र पाए गए थे। अब एमपी नर्सिंग काउंसिल उनके छात्रों को सूटेबल कॉलेजों में ट्रांसफर करने के स्थान पर उन कॉलेजों की अंतिम वर्ष की परीक्षाएं ले रहा है, जो 28 अप्रैल से प्रस्तावित है। अगली सुनवाई 28 अप्रैल को होगी हाईकोर्ट ने शुक्रवार को सुनवाई के बाद एमपीएनआरसी की अंडरटेकिंग रिकार्ड पर लेकर आदेश दिए हैं कि हाईकोर्ट की अनुमति के बगैर कोई भी परीक्षाओं का आयोजन नहीं होगा, मामले की सुनवाई पुनः 28 अप्रैल को चीफ जस्टिस की अगुआई वाली युगलपीठ में होगी, अब नर्सिंग कॉलेजों की प्रस्तावित परीक्षाओं के लिए एमपी नर्सिंग काउंसिल को आवेदन पेश कर हाईकोर्ट से अनुमति लेनी होगी, इसी आधार नर्सिंग कॉलेजों की परिक्षाओं पर निर्णय होगा।
बैतूल में भाजपा नेत्री सविता दिवान ने विपक्ष पर नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि संसद में इस अधिनियम के खिलाफ मतदान कर विपक्ष ने महिलाओं के साथ विश्वासघात किया है। जिला भाजपा कार्यालय विजय भवन में आयोजित पत्रकार वार्ता में पूर्व विधायक दिवान ने 'इंडी गठबंधन' को 'महिला विरोधी गठबंधन' करार दिया। उन्होंने जोर देकर कहा कि यह देश की आधी आबादी को निर्णय प्रक्रिया में भागीदारी देने का एक ऐतिहासिक अवसर था, जिसका विपक्षी दलों ने विरोध कर अपनी मानसिकता उजागर की। दिवान ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार द्वारा महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए उठाए गए कदमों की सराहना की। उन्होंने बताया कि शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता के क्षेत्रों में हुए कार्य भाजपा की नीतियों का परिणाम हैं। उन्होंने यह भी कहा कि आज की नारी केवल मतदाता नहीं, बल्कि एक निर्णायक शक्ति बन चुकी है। विपक्ष भ्रम फैलाने की कोशिश कर रहा पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए सविता दिवान ने आरोप लगाया कि विपक्ष नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर भ्रम फैलाने की कोशिश कर रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस, सपा और उनके सहयोगियों ने इस विधेयक का विरोध कर करोड़ों महिलाओं की आकांक्षाओं के साथ खिलवाड़ किया है। दिवान के अनुसार, 'विपक्ष का जश्न हर महिला का अपमान है, जिसे महिलाएं कभी नहीं भूलेंगी'। इस अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष सुधाकर पंवार, पूर्व सांसद ज्योति धुर्वे, विधायक गंगा उइके, महिला मोर्चा प्रदेश मंत्री ममता मालवी, जिला महामंत्री कमलेश सिंह, जिला उपाध्यक्ष रश्मि साहू और जिला मीडिया प्रभारी सूर्यदीप त्रिवेदी सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।
आगरा के थाना न्यू आगरा अंतर्गत दयालबाग क्षेत्र के वीर नगर में शुक्रवार दोपहर तेज रफ्तार कार ने एक खोखे में टक्कर मार दी। इस दुर्घटना में छह साल के मासूम प्रदीप की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसकी पांच वर्षीय बहन स्नेहा गंभीर रूप से घायल हो गई। हादसे के बाद पूरे इलाके में चीख-पुकार मच गई और लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। जानकारी के अनुसार वीर नगर निवासी छोटू अपनी ससुराल में रहता है। उसके ससुर का पास में ही खोखा चलाते हैं। हादसे के समय छोटू के ससुर खाना खाने गए हुए थे और उसकी सास खोखे पर बैठी थीं। इसी दौरान छोटू के दोनों बच्चे छह वर्षीय प्रदीप और पांच वर्षीय स्नेहा अपनी नानी के साथ वहां पर मौजूद थे। करीब डेढ़ बजे वीर नगर निवासी राहुल तेज रफ्तार में वहां पहुंचा और सीधे खोखे में टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि प्रदीप की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि स्नेहा गंभीर रूप से घायल हो गई। हादसे में बच्चों की नानी को भी चोटें आई हैं। हादसे के बाद आरोपी राहुल मौके से फरार हो गया। गुस्साए लोगों ने मौके पर हंगामा किया और घायल बच्ची को तुरंत हेरिटेज अस्पताल पहुंचाया, जहां उसका इलाज जारी है। घटना की सूचना मिलते ही न्यू आगरा पुलिस मौके पर पहुंच गई और जांच शुरू की। बाद में पुलिस ने आरोपी राहुल को गिरफ्तार कर लिया। स्थानीय लोगों के अनुसार आरोपी नशे में धुत था। जब कार की तलाशी ली गई तो उसमें से शराब की बोतल बरामद हुई। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी के पास ड्राइविंग लाइसेंस नहीं था और गाड़ी के कागजात भी पूरे नहीं थे। हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
किशनगंज के MGM मेडिकल कॉलेज में शुक्रवार को MBBS सेकंड ईयर की छात्रा संदिग्ध परिस्थितियों में मृत पाई गई। मृतका की पहचान 24 वर्षीय अनुष्का जैन के रूप में हुई है, जो MBBS पार्ट-2 की छात्रा थीं। जानकारी के अनुसार, अनुष्का जैन अपने हॉस्टल के कमरे में फंदे से लटकी हुई पाई गईं। सूचना मिलते ही कॉलेज प्रशासन ने तुरंत पुलिस को घटना की जानकारी दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए किशनगंज सदर अस्पताल भेज दिया। एसडीपीओ मंगलेश कुमार ने बताया कि हॉस्टल के एक कमरे में छात्रा का शव संदिग्ध परिस्थितियों में फंदे से लटका हुआ मिला। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची और शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया। देखें, मौके से आई PHOTOS… सिलसिलेवार पढे़ं, पूरा मामला… पुलिस ने कमरे को सील किया, FSL टीम मौके पर पहुंची घटना के बाद कॉलेज परिसर में हड़कंप मच गया। सदर थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कमरे को सील कर दिया और जांच शुरू कर दी है। साक्ष्य जुटाने के लिए फोरेंसिक साइंस लैब (FSL) की टीम भी घटनास्थल पर पहुंचकर बारीकी से जांच कर रही है। DM-SP घटनास्थल पर पहुंचे, जांच के निर्देश मामले की गंभीरता को देखते हुए SP संतोष कुमार और DM विशाल राज भी घटनास्थल पर पहुंचे और अधिकारियों को हर पहलू से जांच करने के निर्देश दिए हैं। पुलिस छात्रा के सहपाठियों, हॉस्टल साथियों और कॉलेज प्रशासन से पूछताछ कर रही है, ताकि घटना के कारणों का पता लगाया जा सके। पिता पेशे से डॉक्टर हैं बताया जाता है कि अनुष्का जैन के पिता अनिल कुमार जैन आरा के निवासी हैं और पेशे से डॉक्टर हैं। एसडीपीओ मंगलेश कुमार ने बताया कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही घटना के कारणों का स्पष्ट खुलासा हो सकेगा। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की जांच में जुटी है।
श्रावस्ती में जिला प्रशासन ने पेट्रोल और डीजल की अवैध बिक्री एवं भंडारण के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू की है। इसी क्रम में शुक्रवार को जिला पूर्ति विभाग की टीम ने विभिन्न क्षेत्रों में छापेमारी कर अवैध रूप से संग्रहित पेट्रोल जब्त किया। जिला पूर्ति अधिकारी दीपक कुमार वार्ष्णेय ने बताया कि प्राप्त शिकायतों के आधार पर एक टीम का गठन किया गया था। इस टीम ने सिसवा हरिहरपुरानी क्षेत्र में छापेमारी की, जहां कमरूदीन के कब्जे से एक जरीकेन में रखा 15 लीटर पेट्रोल बरामद हुआ। पानी की बोतलों में भरा पेट्रोल बरामद इसके अतिरिक्त, प्रिंस कुमार गुप्त पुत्र साधुराम गुप्ता की किराना दुकान की तलाशी के दौरान आधा लीटर और एक लीटर की पानी की बोतलों में भरा हुआ पेट्रोल तथा कुछ खाली बोतलें भी मिलीं। अभियान के तहत तेदुआ रतनापुर क्षेत्र में भी कार्रवाई की गई। यहां राजेश कुमार यादव पुत्र रामप्रगट यादव की किराना दुकान से लगभग 5 लीटर पेट्रोल एक जरीकेन में अवैध रूप से संग्रहित पाया गया। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने जब्त पेट्रोल को अपने कब्जे में लेकर आवश्यक विधिक कार्रवाई की। अवैध बिक्री के खिलाफ अभियान जारी जिला पूर्ति अधिकारी ने स्पष्ट किया कि सभी मामलों में पेट्रोलियम अधिनियम और अन्य संबंधित धाराओं के तहत कानूनी कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने बताया कि जनपद में ईंधन की कालाबाजारी, अवैध बिक्री या भंडारण करने वालों के खिलाफ भविष्य में भी इसी तरह के सख्त अभियान जारी रहेंगे। प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि यदि उन्हें कहीं भी पेट्रोल या डीजल की अवैध बिक्री अथवा भंडारण की जानकारी मिलती है, तो वे तुरंत जिला पूर्ति विभाग या संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों को सूचित करें, ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके।
बागपत कोतवाली क्षेत्र की एक महिला ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर गंभीर शिकायत दर्ज कराई है। महिला ने बताया कि वह अपने मायके, कस्बा बड़ौत में किराये के मकान में रहने लगी थी, जहां उसकी मुलाकात रमाला क्षेत्र के रहने वाले युवक से हुई। युवक बड़ौत और आसपास के क्षेत्रों में राजमिस्त्री का काम करता था। महिला ने युवक के साथ मेहनत-मजदूरी शुरू की, लेकिन उसे विक्की के गलत इरादे का अंदाजा नहीं था। युवक ने धीरे-धीरे महिला की 14 वर्षीय नाबालिग बेटी को बहला-फुसलाकर उसके साथ गलत काम किया। उसका साथी, जो सोनीपत, हरियाणा में रहता है, उसने भी बेटी को धमकाकर गलत संबंध बनाए। करीब एक साल पहले युवक और उसके साथी ने मिलकर एक साजिश रची और बेटी को शादी का झांसा देकर अपने साथ ले गए। जब बेटी गायब हुई, तो थाना बड़ौत में मुकदमा दर्ज किया गया। बाद में पुलिस ने उसे युवक की माँ और बहन के कब्जे से सोनीपत से बरामद किया, तब जाकर पूरा सच सामने आया। बेटी ने अपने बयान में बताया कि मां उसे काफी डांटती थीं और पूछती थीं कि वह क्यों परेशान रहती है, लेकिन डर के कारण उसने कुछ नहीं बताया, जिस वजह से उसे भी गलत तरीके से आरोपी बनाया गया। आरोपी युवक और उसकी मां लगातार फोन करके धमकी दे रहे हैं, उन्हें डर है कि युवक कोई संगीन वारदात कर सकता है। महिला और उसकी बेटी पिछले तीन दिनों से छिपकर रह रही हैं, जबकि आरोपी लगातार उन्हें डराने का प्रयास कर रहा है। एसपी सूरज राय ने जांच कर कार्रवाई का आश्वासन दिया।
देवास कलेक्टर कार्यालय में पदस्थ कर्मचारियों पर जाली हस्ताक्षर और कूटरचित आदेश तैयार कर जमीन बेचने की साजिश रचने का गंभीर आरोप लगा है। जांच में सामने आया कि फर्जी दस्तावेजों के जरिए अवैध तरीके से जमीन के लेन-देन का प्रयास किया जा रहा था। मामला सामने आने के बाद इसे गंभीरता से लेते हुए बैंक नोट प्रेस थाना देवास में प्रकरण दर्ज किया गया है। आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता 2023 की विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। कलेक्टर ने तीनों कर्मचारियों को किया निलंबित मामले की गंभीरता को देखते हुए कलेक्टर ऋतुराज सिंह ने शुक्रवार को सख्त कदम उठाते हुए तीन कर्मचारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। निलंबित कर्मचारियों में सहायक ग्रेड-3 रमेश लोबानिया, संजीव कुमार जाटव और जितेंद्र भद्रे शामिल हैं। कलेक्टर ने बताया कि संबंधित कर्मचारियों ने अपने पदीय कर्तव्यों का गंभीर उल्लंघन किया है। साथ ही मध्य प्रदेश सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 का भी उल्लंघन पाया गया है। निलंबन अवधि के दौरान तीनों कर्मचारियों के लिए अलग-अलग मुख्यालय निर्धारित किए गए हैं। प्रशासन ने पूरे मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है और आगे और खुलासों की संभावना जताई जा रही है।
बलिया के श्रीरामपुर घाट पर गंगा नदी में डूबे तीन किशोरों में से दो के शव शुक्रवार शाम करीब 4 बजे बरामद कर लिए गए, जबकि एक किशोर की तलाश अब भी जारी है। यह हादसा गुरुवार सुबह मुंडन संस्कार के दौरान स्नान करते समय हुआ था। मुंडन संस्कार में आए थे किशोर घटना दुबहर क्षेत्र के श्रीरामपुर घाट की है, जहां ग्राम जनाड़ी निवासी शिवजी वर्मा की नातिन के मुंडन संस्कार में शामिल होने तीन किशोर आए थे। गुरुवार सुबह करीब 9 बजे चारों गंगा में स्नान करने उतरे। गहराई का अंदाजा न लगने से डूबे स्नान के दौरान पानी की गहराई का सही अंदाजा न लग पाने के कारण तीनों किशोर अचानक गहरे पानी में चले गए। घाट पर मौजूद लोगों ने बचाने की कोशिश की, लेकिन कुछ ही पलों में वे पानी में समा गए। दो किशोरों के शव मिले शुक्रवार शाम को काफी खोजबीन के बाद अमन खरवार (16 वर्ष) पुत्र अजय खरवार निवासी घोड़हरा और बलवंत उर्फ भोलू (18 वर्ष) पुत्र रवींद्र वर्मा निवासी दवनी कसू के शव बरामद किए गए। पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया है। एक किशोर की तलाश जारी किशन वर्मा (18 वर्ष) पुत्र सत्यदेव वर्मा निवासी करन छपरा का अभी तक कोई सुराग नहीं लग पाया है। पुलिस और स्थानीय प्रशासन उसकी तलाश में जुटे हुए हैं। इस दर्दनाक हादसे के बाद मृतकों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है। इस संबंध में सदर कोतवाल क्षितिज त्रिपाठी ने बताया कि दो शव बरामद कर लिए गए हैं, जबकि एक किशोर की तलाश अभी भी जारी है।
गयाजी पुलिस ने जिलेभर से गुम हुए 107 मोबाइल फोन बरामद कर उनके असली मालिकों को एसएसपी सुशील कुमार ने वापस सौंप दिए। लाखों की संपत्ति मिलने के बाद लोगों के चेहरे खिल उठे। एसएसपी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि गुम मोबाइल के मामलों को गंभीरता से लिया गया। सभी थाना और ओपी क्षेत्रों को अलर्ट किया गया। इसके बाद DIU और टेक्निकल टीम की संयुक्त टीम बनाई गई। टीम लगातार काम कर रही थी और हर केस की मॉनिटरिंग की जा रही थी। मोबाइल फोन को ट्रैक किया जांच के दौरान CEIR पोर्टल की मदद ली गई। इसी के जरिए मोबाइल फोन को ट्रैक किया गया। पुलिस टीम ने अलग-अलग जगहों पर छापेमारी और तकनीकी विश्लेषण के बाद कुल 107 स्मार्टफोन बरामद किए। इनकी कीमत करीब 34 लाख रुपये आंकी गई है। मोबाइल मिलने के बाद उन्हें उनके असली मालिकों को बुलाकर सौंपा दिया गया। कई लोग ऐसे थे जिन्हें उम्मीद ही नहीं थी कि उनका फोन वापस मिलेगा। फोन हाथ में मिलते ही लोगों के चेहरे पर खुशी साफ दिखी। कई लोगों ने पुलिस टीम को धन्यवाद भी दिया। कहा कि उम्मीद खो चुके थे लेकिन गया पुलिस ने इस मामले में दिल जीत लिया। एसएसपी ने कहा कि ऑपरेशन मुस्कान आगे भी जारी रहेगा। गुम या चोरी हुए मोबाइल को वापस दिलाने के लिए पुलिस लगातार काम करती रहेगी। उन्होंने आम लोगों से अपील की कि मोबाइल गुम होने पर तुरंत थाना में शिकायत दर्ज कराएं। साथ ही CEIR पोर्टल पर भी जानकारी जरूर डालें। इससे मोबाइल को ट्रैक करना आसान होता है।
विधायक अनिता जाटव बोलीं-प्रधानमंत्री महिला विरोधी:कहा-परिसीमन की आड़ लेकर भाजपा रच रही षड्यंत्र
टोंक में हिंडौन विधायक अनिता जाटव ने कहा-महिला आरक्षण पर बीजेपी झूठ बोल रही है। कांग्रेस नहीं बल्कि बीजेपी महिला विरोधी है। महिलाओं की बात करने वाले प्रधानमंत्री खुद महिला विरोधी हैं। अनिता जाटव जिला कांग्रेस कमेटी कार्यालय में शुक्रवार को पत्रकार वार्ता कर रहीं थीं। उन्होंने कहा- बीजेपी की ओर से महिला आरक्षण बिल को लेकर भ्रम फैलाया जा रहा है। महिलाओं को पहले से आरक्षित 33 प्रतिशत कोटे को बीजेपी खत्म करना चाहती है। यह बिल 2023 में ही पास हो गया था। इसे 543 लोकसभा सीटों पर लागू किया जाना चाहिए। भाजपा पर साधा निशाना इस अवसर पर पीसीसी सदस्य माया सुअलका, पूर्व जिला अध्यक्ष हरिप्रसाद बैरवा, देहात ब्लॉक अध्यक्ष कैलाशी देवी मीणा, निवाई की पूर्व प्रधान चंद्रकला गुर्जर, मालपुरा की पूर्व पालिका अध्यक्ष आशा नामा, महिला कांग्रेस जिला अध्यक्ष अलका बैरवा, अब्दुल खालिक सेवादल, शबाना बी, सरपंच संघ प्रदेश उपाध्यक्ष हंसराज फागणा, मनिंद्र लोदी, फौजुराम मीणा, जर्रार खान,नीरज गुर्जर, हरेंद्र सिंह बैरवा, विक्रम सिंह आदि मौजूद थे।
भोपाल के करीब 45 इलाकों में शनिवार को 2 से 7 घंटे तक बिजली कटौती होगी। इन इलाकों में बिजली कंपनी मेंटेनेंस करेगी। इसके चलते सप्लाई पर असर पड़ेगा। जिन इलाकों में बिजली बंद रहेगी, उनमें गेहूंखेड़ा, वंदना नगर, बैरसिया रोड, बाफना कॉलोनी, चौकसे नगर, जनता नगर, तुलसी नगर, पंचवटी, कमला नगर, गोपाल नगर समेत कई बड़े इलाके भी शामिल हैं। ऐसे में बिजली संबंधित जरूरी काम पहले से निपटा लें। ताकि परेशानी का सामना न करना पड़े। इन इलाकों में पड़ेगा असर
औरैया पुलिस की विशेष जांच टीम (SIT) ने जीएसटी कर चोरी के एक गिरोह के चार शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। यह गिरोह फर्जी फर्मों के माध्यम से लगभग 8.62 करोड़ रुपए के नकली बिल तैयार कर इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) का लाभ उठा रहा था। जिससे सरकार को भारी राजस्व का नुकसान हो रहा था। पुलिस अधीक्षक औरैया के निर्देश पर की गई इस कार्रवाई में गिरफ्तार अभियुक्तों के पास से 3 लैपटॉप, 6 एंड्रॉयड मोबाइल, 3 कीपैड मोबाइल, 3 डोंगल, 1 हार्ड डिस्क, 2 पेन ड्राइव, 2 वाई-फाई राउटर, 16 डीएससी डिवाइस, विभिन्न सिम कार्ड, चार्जर, 6 फर्जी टैक्स इनवॉइस की प्रतियां और 60,330 रुपये नकद बरामद किए गए। फर्जी बिलों का लेनदेन किया गया इस मामले की शुरुआत 23 फरवरी 2026 को राज्य कर अधिकारी विजय शंकर दीक्षित की तहरीर से हुई थी। उन्होंने 'मून इंटरप्राइजेज' नामक फर्म पर फर्जी खरीद-बिक्री दिखाकर बोगस इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) के माध्यम से कर चोरी का आरोप लगाया था। जांच में यह फर्म अपने पंजीकृत पते पर अस्तित्वहीन पाई गई। जांच में सामने आया कि 'मून इंटरप्राइजेज' द्वारा 2.87 करोड़ रुपए और 'चमन ट्रेडर्स' द्वारा 5.75 करोड़ रुपए के फर्जी बिलों का लेनदेन किया गया था। कुल मिलाकर 8.62 करोड़ रुपये की कर योग्य राशि पर धोखाधड़ी की पुष्टि हुई। गिरफ्तार अभियुक्तों में मेरठ निवासी मो. अतहर (मुख्य संचालक), शाह आलम (अकाउंटेंट), विशाल (सहायक) और मो. इमरान (दस्तावेज प्रदाता) शामिल हैं। जाली दस्तावेजों के आधार पर फर्जी फर्में पंजीकृत पूछताछ के दौरान अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि उन्होंने जाली दस्तावेजों के आधार पर फर्जी फर्में पंजीकृत कराई थीं। वे वास्तविक माल की खरीद-बिक्री के बिना केवल कागजों पर लेनदेन दिखाकर इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) का लाभ उठा रहे थे। एसपी अभिषेक भारती ने बताया कि अतहर 'मून इंटरप्राइजेज' का संचालन करता था, जबकि इमरान ने फर्जी दस्तावेजों से 'चमन ट्रेडर्स' बनाई थी। शाह आलम और विशाल दोनों फर्मों के लिए फर्जी बिलिंग और हिसाब-किताब का काम संभालते थे। इस मामले में थाना कोतवाली औरैया में जीएसटी एक्ट की धारा 132 के साथ भारतीय दंड संहिता की अन्य संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।
शहर के झंडा चौक में शुक्रवार शाम करीब 7 बजे एक बिजली ट्रांसफार्मर में आग लग गई। शॉर्ट सर्किट की वजह से भड़की इस आग ने आसपास के दुकानदारों और सब्जी बेचने वालों के बीच अफरा-तफरी मचा दी। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड और बिजली कंपनी टीम ने मौके पर पहुंचकर आग बुझाई। इस हादसे की वजह से शहर के कई इलाकों में करीब एक घंटे तक बिजली गुल रही। शहर में पिछले 15 दिनों के भीतर ट्रांसफार्मर जलने की यह दूसरी घटना है। इससे पहले 13 अप्रैल को टॉकीज चौराहे पर भी इसी तरह आग लगी थी। बार-बार हो रहे इन हादसों से स्थानीय लोगों में काफी गुस्सा है। राहुल गुप्ता, पिंटू गुप्ता और सचिन जैसे रहवासियों का कहना है कि भीषण गर्मी के बीच बिजली कंपनी की लापरवाही की वजह से उन्हें घंटों अंधेरे में रहना पड़ रहा है। मेंटेनेंस में लापरवाही का आरोप स्थानीय लोगों ने बिजली कंपनी के लचर रवैये पर सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि कंपनी न तो समय पर ट्रांसफार्मर के ऑयल की जांच करता है और न ही जर्जर तारों को बदलता है। कई बार तो मरम्मत किए हुए पुराने ट्रांसफार्मर ही लगा दिए जाते हैं, जो लोड बढ़ते ही जल जाते हैं। नट-बोल्ट ढीले होने और ऑयल रिसाव जैसी छोटी कमियों को नजरअंदाज करना बड़े हादसों को न्योता दे रहा है। ओवरलोड और खराब क्वालिटी बनी मुसीबत ट्रांसफार्मर जलने की सबसे बड़ी वजह क्षमता से अधिक बिजली का लोड और घटिया क्वालिटी के उपकरण हैं। गर्मी बढ़ते ही जैसे ही लोड बढ़ता है, पुरानी वायरिंग शॉर्ट सर्किट का कारण बन जाती है। लोगों ने मांग की है कि विभाग नियमित रूप से मशीनों की सफाई और जांच करे ताकि आए दिन होने वाली बिजली कटौती से निजात मिल सके।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश कृषि उत्पादन के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति कर रहा है। यह बदलाव वैज्ञानिक तकनीकों, एग्रो-क्लाइमेटिक जोन आधारित रणनीति तथा केंद्र-राज्य सरकारों के समन्वित प्रयासों का परिणाम है। यूपी में “लैब टू लैंड” की अवधारणा धरातल पर उतर चुकी है, जिससे किसानों को सीधे लाभ मिल रहा है। शुक्रवार को राजधानी के सुशांत गोल्फ सिटी होटल सेंट्रम में क्षेत्रीय कृषि सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन में उत्तर प्रदेश, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, उड़ीसा, लद्दाख, जम्मू-कश्मीर, दिल्ली-एनसीआर के कृषि मंत्री, कृषि विभाग के अधिकारी शामिल हुए। कृषि विकास दर में उल्लेखनीय वृद्धि, प्रति हेक्टेयर उत्पादन में रिकॉर्ड सुधार, बहुफसली खेती का विस्तार और वैल्यू एडिशन पर बढ़ता फोकस इस परिवर्तन के स्पष्ट संकेत हैं। मुख्यमंत्री ने क्षेत्रीय कृषि सम्मेलनों, अंतरराष्ट्रीय कृषि केंद्रों की स्थापना, कृषि विज्ञान केंद्रों के सशक्तीकरण और प्रगतिशील किसानों की भूमिका को इस बदलाव का प्रमुख आधार बताते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश आज देश की कृषि अर्थव्यवस्था को नई दिशा देने की क्षमता रखता है। भिन्न-भिन्न एग्रो-क्लाइमेटिक जोन के अनुरूप बनें नीतियांअपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने कहा कि अलग-अलग देशों और क्षेत्रों में भिन्न-भिन्न एग्रो-क्लाइमेटिक जोन होने के कारण नीतियां भी उसी अनुरूप तय की जानी चाहिए। यदि अलग-अलग जोन में इस प्रकार की गोष्ठियां आयोजित की जाएं तो उसके सकारात्मक परिणाम सामने आते हैं। मुख्यमंत्री ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि गत वर्ष ‘विकसित कृषि अभियान’ और ‘खेती की बात, खेत में’ कार्यक्रम के दौरान उन्हें कई जनपदों में जाने का अवसर मिला, जहां किसानों, कृषि वैज्ञानिकों और कृषि शिक्षा से जुड़े प्रशिक्षुओं में अभूतपूर्व उत्साह व जिज्ञासा देखने को मिली। पहली बार इनोवेशन को सीधे व्यावहारिक धरातल पर उतारने का अवसर मिला है। पहले लैब में होने वाले अनुसंधान को लैंड तक पहुंचने में काफी समय लगता था, लेकिन अब “लैब टू लैंड” की अवधारणा साकार हो चुकी है और तकनीक सीधे खेत तक पहुंच रही है। इस अभिनव पहल के लिए मुख्यमंत्री ने केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होंने इस अवधारणा को व्यवहारिक रूप से देशभर में लागू करने का महत्वपूर्ण कार्य किया है। योजनाओं की सही जानकारी मिले तो किसान स्वयं बेहतर परिणाम देने में सक्षममुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश के पास कृषि क्षेत्र में अपार संभावनाएं हैं, आवश्यकता केवल प्रभावी नेतृत्व की है, जिसकी शुरुआत भारत सरकार के स्तर से होती है और राज्य उसे तेजी से अपनाते हैं। पहले नीतियां केवल औपचारिक आयोजनों तक सीमित रह जाती थीं, लेकिन अब उनके ठोस परिणाम सामने आ रहे हैं। अन्नदाता किसानों को योजनाओं की सही जानकारी दी जाए, तो वे स्वयं बेहतर परिणाम देने में सक्षम हैं। मुख्यमंत्री ने वर्ष 2017 की स्थिति का जिक्र करते हुए बताया कि उस समय प्रदेश में मात्र 69 कृषि विज्ञान केंद्र (केवीके) थे, जो लगभग निष्क्रिय अवस्था में थे और उनके वैज्ञानिक भी अन्य संस्थानों में अटैच थे। इसके बाद केंद्र सरकार द्वारा 20 नए केवीके की पहल के साथ-साथ मौजूदा केंद्रों को सशक्त बनाने की कार्ययोजना पर काम हुआ। आज स्थिति यह है कि सभी केवीके सक्रिय होकर नवाचारों को बढ़ावा दे रहे हैं और प्रदेश के सभी 9 एग्रो-क्लाइमेटिक जोन में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के माध्यम से कृषि विकास को नई दिशा दे रहे हैं। अब कृषि को वैल्यू एडिशन के साथ जोड़ने की आवश्यकतामुख्यमंत्री ने कहा कि आज ये वैज्ञानिक स्थानीय स्तर पर डेमोंस्ट्रेशन करते हैं और फिर किसानों के खेत में जाकर उसे लागू करते हैं, लगातार दौरे करते हैं, निरंतर गोष्ठियां चलती हैं और विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। साथ ही भारत सरकार के साथ उनका सतत संवाद बना रहता है। इसी का परिणाम है कि उत्तर प्रदेश की कृषि विकास दर 8 से बढ़कर लगभग 18 प्रतिशत तक पहुंच गई है। परिणाम बताते हैं कि हम इससे भी बेहतर उपलब्धियां हासिल कर सकते हैं। सीएम ने कहा कि मेरा मानना है कि आजादी के समय भारत की अर्थव्यवस्था में कृषि का योगदान लगभग 41-42 प्रतिशत था। समय के साथ इसका योगदान घटता गया। यदि कृषि व मैन्युफैक्चरिंग के बीच बेहतर समन्वय हो, तो विकास की गति और तेज हो सकती है। वर्तमान में मैन्युफैक्चरिंग का योगदान अब भी लगभग 15–16 प्रतिशत के आसपास है, जबकि कृषि का हिस्सा घटकर लगभग 20–21 प्रतिशत तक सीमित रह गया। अब आवश्यकता है कि कृषि को वैल्यू एडिशन के साथ जोड़ा जाए। इसके लिए नए प्रयासों को और अधिक मजबूती से आगे बढ़ाने तथा प्रभावी ढंग से विस्तार देने की आवश्यकता है। निर्णायक भूमिका निभा सकती है तकनीकमुख्यमंत्री ने कहा कि तकनीक आज के दौर में अत्यंत निर्णायक भूमिका निभा सकती है। उन्होंने भारत सरकार और प्रधानमंत्री मोदी का आभार जताते हुए कहा कि उन्होंने उत्तर प्रदेश में विभिन्न उत्पादों के लिए अंतरराष्ट्रीय केंद्र स्थापित करवाए हैं। उदाहरण के तौर पर, वाराणसी में इंटरनेशनल राइस इंस्टीट्यूट की स्थापना हुई है, जो बेहतरीन परिणाम दे रहा है। यहां से नई-नई किस्में विकसित की गई हैं। अलग-अलग एग्रो-क्लाइमेटिक जोन के अनुसार कौन-सी किस्म उपयुक्त होगी, कौन-सी तकनीक अपनाई जानी चाहिए, क्वालिटी सीड किस प्रकार उत्पादन बढ़ा सकते हैं, ये सभी परिणाम अब स्पष्ट रूप से देखने को मिल रहे हैं। उन्होंने प्रसन्नता जताई कि कुछ क्षेत्रों में प्रति हेक्टेयर धान का उत्पादन 100 कुंतल तक पहुंच गया है, जो पहले 50–60 कुंतल तक सीमित था। मुख्यमंत्री ने कहा कि अल नीनो के कारण गेहूं और उद्यान फसलों, विशेष रूप से आम पर प्रभाव पड़ा है, लेकिन यह एक सतत चुनौती है। इसके बावजूद, लागत कम करके उत्पादन बढ़ाना, समय पर अच्छे बीज उपलब्ध कराना, केमिकल फर्टिलाइजर और पेस्टिसाइड के उपयोग को कम करते हुए नेचुरल फार्मिंग को बढ़ावा देना, इन सभी क्षेत्रों में निरंतर प्रयास आवश्यक हैं। उत्तर प्रदेश में कृषि के लिए अनुकूल वातावरणमुख्यमंत्री ने बाराबंकी के प्रगतिशील किसान पद्म पुरस्कार से सम्मानित रामशरण वर्मा का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि गत वर्ष मुझे उनके खेत पर ‘विकसित कृषि अभियान’ के तहत जाने का अवसर मिला। यदि कोई रामशरण वर्मा से उनकी शैक्षिक योग्यता पूछता है, तो वह स्वयं को “दसवीं फेल” बताते हैं, लेकिन खेती में उनकी दक्षता और वैज्ञानिक पद्धति का उपयोग अत्यंत प्रेरणादायक है। वह कम लागत में अधिक उत्पादन करने का जीवंत उदाहरण प्रस्तुत करते हैं। सीएम ने कहा कि उत्तर प्रदेश में भारत सरकार की योजनाओं का प्रभाव भी स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। मुझे विभिन्न जनपदों के खेतों में जाने का अवसर मिला, देखा कि जहां पहले किसान वर्ष में केवल एक फसल लेते थे, अब वहां तीन-तीन फसलें ली जा रही हैं। उत्तर प्रदेश की 85-86 प्रतिशत भूमि सिंचित है, बेहतर कनेक्टिविटी है और किसानों को 10-12 घंटे बिजली उपलब्ध हो रही है। इन सब कारणों से कृषि के लिए अनुकूल वातावरण बना है। पहले किसानों को मार्गदर्शन देने वाला कोई नहीं था, लेकिन अब उन्हें जानकारी, संसाधन और बाजार तीनों उपलब्ध हैं। परिणामस्वरूप, उन्होंने नई फसलें अपनानी शुरू की हैं। कानपुर देहात, औरैया, इटावा, मैनपुरी, हरदोई और एटा जैसे जनपदों में मैंने किसानों से बातचीत की। उन्होंने बताया कि वे लोग अब तीन-तीन फसलें तैयार कर रहे हैं। जून माह में भी मक्का की फसल तैयार हो रही थी और किसान प्रति एकड़ लगभग ₹1 लाख मुनाफा कमा रहे थे। किसानों को मिल रहा उपज का उचित मूल्यमुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार द्वारा बीज उपलब्ध कराना, जानकारी देना और खरीद केंद्र स्थापित करना, इन सभी प्रयासों का सकारात्मक परिणाम सामने आया है। किसानों को अब अपनी उपज का उचित मूल्य मिल रहा है और उनमें विश्वास बढ़ा है कि थोड़े प्रयास से बेहतर परिणाम प्राप्त किए जा सकते हैं। आज उत्तर प्रदेश कृषि उत्पादन के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति कर रहा है। वर्तमान में प्रदेश में लगभग 425 लाख मीट्रिक टन गेहूं, 211 लाख मीट्रिक टन चावल और 245 लाख मीट्रिक टन आलू का उत्पादन हो रहा है। इसके अतिरिक्त, तिलहन उत्पादन में भी लगभग 48 लाख मीट्रिक टन का स्तर प्राप्त किया गया है। सब्जी और अन्य फसलों के उत्पादन में भी उत्तर प्रदेश ने महत्वपूर्ण वृद्धि दर्ज की है। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री का धन्यवाद करते हुए कहा कि उन्होंने उत्तर प्रदेश के आगरा में इंटरनेशनल पोटैटो सेंटर को स्वीकृति प्रदान की है, जो अब प्रारंभ होने जा रहा है। यह पूरा क्षेत्र आलू उत्पादन के लिए जाना जाता रहा है। यहां किसान दो फसलों के साथ-साथ आलू का भी व्यापक स्तर पर उत्पादन करते हैं और बेहतर परिणाम प्राप्त करते हैं। अब प्रयास यह है कि इस उत्पादन को वैल्यू एडिशन के साथ जोड़ा जाए, ताकि मांग के अनुसार आपूर्ति में हमारे अन्नदाता किसान सहभागी बन सकें। इंटरनेशनल पोटैटो सेंटर स्थापित होने के बाद सेंट्रल यूपी के विभिन्न जनपदों में फूड प्रोसेसिंग यूनिट्स की स्थापना तेजी से होगी। यह स्पष्ट संकेत है कि अब किसानों को उनके उत्पाद का बेहतर मूल्य एक स्वस्थ प्रतिस्पर्धा के माध्यम से मिलना प्रारंभ होगा। इसके साथ ही, कृषि से संबंधित क्षेत्रीय सम्मेलन अलग-अलग एग्रो-क्लाइमेटिक जोन में आयोजित किए जा रहे हैं, जहां स्वयं भारत सरकार के कृषि मंत्री और अधिकारी पहुंच रहे हैं। पहले यह प्रक्रिया केवल दिल्ली में एक औपचारिक एक दिवसीय सम्मेलन तक सीमित रहती थी, लेकिन अब अलग-अलग जोन में वहां की परिस्थितियों के अनुरूप मुद्दों पर सार्थक चर्चा हो रही है। राज्य कृषि विकास का रोडमैप तैयार करें केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि पहले कृषि अनुसंधान लैब के परिणाम धरातल पर नहीं दिखते थे, लेकिन अब मोदी सरकार लैब को ही लैंड पर लेकर आई है इसका नतीजा है कि भारत चावल उत्पादन में दुनिया में नंबर वन बना है, गेहूं उत्पादन तेजी से बढ़ रहा है। सरकार चाहती है कि भारत तिलहन, दलहन उत्पादन में भी आत्मनिर्भर बने। शिवराज ने कहा कि अनाज उत्पादन में भारत नंबर वन है। हमने चीन को पीछे छोड़ दिया है। हमारे पास अनाज का पर्याप्त भंडार है। इसीलिए सरकार ने 50 लाख मीट्रिक टन गेहूं निर्यात की अनुमति दी है। उन्होंने कहा कि किसानों के क्रेडिट कार्ड की हालत यह है कि देश में 7.50 करोड़ से अधिक किसान क्रेडिट कार्ड बने हुए हैं जबकि देश में 13 करोड़ से ज्यादा किसान हैं। लैब से लैंड तक तकनीक पहुंचाने पर फोकसशिवराज सिंह चौहान ने कहा कि लैब से लैंड तक नई तकनीक व अनुसंधान पहुंचाने की जरूरत है और हम इस दिशा में अच्छा प्रयास कर रहे हैं। पिछले वर्ष ही हमने अभियान के तहत लाखों किसानों तक पहुंचने में सफलता पाई है। पहले पूरे देश में एक नेशनल कॉन्फ्रेंस हुआ करता था जिसमें एक सीजन के बारे में योजनाएं तैयार की जाती थी अब हमने इसे पांच क्षेत्रों में विभाजित कर दिया है ताकि कृषि जलवायु क्षेत्र के हिसाब से योजनाएं बने और उसका क्रियान्वयन सहजता से हो सके। अपना रोडमैप तैयार करें राज्य मंत्री शिवरराज सिंह चौहान ने कहा कि कृषि विकास के लिए सभी राज्य अपना रोडमैप तैयार करें। केन्द्र सरकार उसे धरातल पर उतारने में हर तरह का तकनीकी और आर्थिक सहयोग करेगी। उन्होंने कहा कि हमारी टीम और वैज्ञानिक तरह पूरी तैयार हैं, केंद्र सरकार राज्यों के साथ खड़ी है। हाल ही में यूपी को बाजार हस्तक्षेप योजना के तहत 20 लाख टन आलू खरीदने की अनुमति दी गई है। इसके अलावा ढेंचा बीज खरीदने की अनुमति दी है। केंद्र सरकार जल्द ही नौ क्लीन प्लांट सेंटर बनाने जा रही है। इससे किसानों को रोगमुक्त पौधे उपलब्ध हो सकेंगे। खाद की कीमतें बढ़ी हैं लेकिन इसका बोझ किसानों के ऊपर नहीं आए, इसके लिए सरकार 41 हजार करोड़ रुपये का अतिरिक्त भार वहन करेगी। किसानों को यूरिया 266 और डीएपी 1350 रुपये में पहले की तरह ही मिलेगा। नकली बीज व कीटनाशकों पर नियंत्रण के लिए कड़ा कानून शीघ्रशिवराज सिंह चौहान ने कहा कि नकली बीज और कीटनाशकों पर लगाम कसने के लिए केंद्र सरकार जल्द ही कड़े कानून बनाएगी। उन्होंने कहा कि नकली कीटनाशक और बीजों को लेकर काफी शिकायतें आ रही हैं। अभी जो कानून है, उसमें नाम मात्र का जुर्माना देकर लोग छूट जाते हैं। इसलिए जल्द ही संसद में सीड एक्ट ओर पेस्टीसाइड एक्ट लाया जाएगा। इसके तहत कड़े कानून बनाए जाएंगे। सम्मेलन में केंद्रीय कृषि राज्यमंत्री रामनाथ ठाकुर, केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री भागीरथ चौधरी, कृषि मंत्री उत्तर प्रदेश सूर्य प्रताप शाही, उद्यान मंत्री उत्तर प्रदेश दिनेश प्रताप सिंह, कृषि राज्यमंत्री उत्तर प्रदेश बलदेव सिंह औलख, उद्यान मंत्री हिमाचल प्रदेश जगत सिंह नेगी, कृषि मंत्री जम्मू-कश्मीर जावेद अहमद डार, उद्यान मंत्री पंजाब मोहिंदर भगत, कृषि मंत्री पंजाब गुरमीत सिंह, कृषि मंत्री उत्तराखंड गणेश जोशी उपस्थिति रहे।
एटा में पिता ने बेटी का अफेयर होने पर उसके प्रेमी को पीट-पीटकर मार डाला। उसने बेटी के टेलीग्राम से मैसेज कर प्रेमी को पहले घर बुलाया। प्रेमी के पहुंचते ही बेटे-भाई और पत्नी के साथ मिलकर उसे पकड़ लिया। इसके बाद डंडे से पीटकर उसकी हत्या कर दी। फिर लाश को मैनपुरी में फेंक दिया। उधर, घरवालों ने बेटे का अपहरण कर हत्या करने की रिपोर्ट दर्ज कराई। इसके बाद पुलिस ने एक महिला समेत 3 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। उनकी निशानदेही पर पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल किया गया डंडा भी बरामद कर लिया। मामला कोतवाली देहात थाना क्षेत्र का है। अब जानिए पूरा मामला… मैनपुरी में युवक की लाश मिली थी गदनपुर में रहने वाला रिटायर्ड दरोगा अमरपाल सिंह को बेटा पवन (25) 13 अप्रैल को अचानक घर से लापता हो गया था। जांच के दौरान वह सीसीटीवी में गली से निकलता हुआ दिखाई दिया। इसी बीच मैनपुरी में शिकोहाबाद रोड पर पुलिस को एक लाश मिली। पहचान नहीं होने पर पुलिस ने लाश का अंतिम संस्कार कर दिया। बाद में घरवालों ने फोटो के आधार पर लाश की पहचान पवन के रूप में की। एसएसपी ने खुलासे के लिए बनाई टीमें पवन की हत्या होने का शक होने पर एसएसपी इलामरन ने खुलासे के लिए पुलिस की एक टीम बनाई। स्वॉट और सर्विलांस टीम ने कॉल डिटेल खंगालनी शुरू की। इसके आधार पर कुछ संदिग्धों को उठाया। घरवालों और गांववालों से भी पूछताछ की। इसके बाद पुलिस ने 3 लोगों को हिरासत में लिया। इनसे जब सख्ती से पूछताछ की गई, तो अपना जुर्म कबूल कर लिया। आरोपी की बेटी से ढाई साल से अफेयर था एएसपी श्वेताभ पांडे ने बताया- जांच में सामने आया कि गांव के रहने वाले प्रमोद की बेटी से पवन का ढाई साल से अफेयर चल रहा था। इस बात को लेकर पहले भी दोनों परिवारों के बीच झगड़ा हो चुका था। इसी रंजिश में प्रमोद ने पवन को रास्ते से हटाने की साजिश रची। प्रमोद ने अपनी बेटी के टेलीग्राम अकाउंट से पवन को मैसेज कर अपने घर बुलाया। पवन के वहां पहुंचते ही उस पर हमला कर या। प्रमोद, उसके बेटे मोहित, भाई रविंद्र और उनकी पत्नियों ने मिलकर पवन की बेरहमी से पिटाई की। उसे लाठी-डंडों से पीटकर मार डाला। अगले दिन शव को ट्रक में लादकर मैनपुरी के शिकोहाबाद रोड पर फेंक दिया। पुलिस ने रविंद्र, प्रमोद और एक महिला को गिरफ्तार कर जेल भेजा है। अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। ---------------------------- ये खबर भी पढ़िए… बृजभूषण सिंह बोले- अब समझाने का वक्त नहीं, 2027 या 2029 के चुनाव में दिखा देंगे, अगर हम भार लगते हैं तो एक बार कह दो ‘आज सरकार की नजरों में हमारा कोई अस्तित्व नहीं है। हम अनुपयोगी लगते हैं। अगर किसी को ऐसा लगता है कि हम भार बन चुके हैं तो बस एक बार कह दो कि हमारी जरूरत नहीं। 2027 में कह दो। 2029 में कह दो। जब भी मन करे आकर कह दो। हम दिखा देंगे कि हमारी उपयोगिता है या नहीं।’ चुनौती भरे लहजे में ये बातें कैसरगंज सीट से पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने गुरुवार को बिहार के भागलपुर में कहीं। पढ़ें पूरी खबर…
डिस्ट्रिक्ट जालौन बार एसोसिएशन, उरई की नवनिर्वाचित कार्यकारिणी का शपथ ग्रहण समारोह शुक्रवार को कोंच रोड स्थित मधुवन विला में गरिमामय माहौल में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उच्च न्यायालय इलाहाबाद के न्यायमूर्ति तरुण सक्सेना उपस्थित रहे। जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता जनपद न्यायाधीश विरजेन्द्र कुमार सिंह ने की। समारोह में न्यायमूर्ति तरुण सक्सेना ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। बार और बेंच के बीच समन्वय अत्यंत आवश्यक इस अवसर पर उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि न्याय व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए बार और बेंच के बीच समन्वय और सहयोग अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने अधिवक्ताओं से अपील की कि वे न्यायिक प्रक्रिया को सुचारू रूप से चलाने में सक्रिय भूमिका निभाएं और अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से निर्वहन करें। न्यायमूर्ति तरुण सक्सेना ने अपने पुराने अनुभवों को साझा करते हुए कहा कि जालौन से उनका विशेष जुड़ाव रहा है, क्योंकि वे यहां जिला जज के रूप में भी सेवाएं दे चुके हैं। उन्होंने अधिवक्ताओं के हितों की रक्षा और उनके पेशेवर विकास पर भी जोर दिया। इस दौरान न्यायमूर्ति तरुण सक्सेना ने नवनिर्वाचित अध्यक्ष ऋषि कुमार पटेल, महासचिव डॉ. साधना त्रिपाठी, वरिष्ठ उपाध्यक्ष कर्मक्षेत्र अवस्थी, कोषाध्यक्ष कुमार गौरव श्रीवास्तव, कलेक्ट्रेट उपाध्यक्ष ओम नारायण सिंह निरंजन, उपाध्यक्ष संजीव तिवारी, कनिष्ठ उपाध्यक्षा अनम वर्मा, संयुक्त सचिव मुलायम सिंह यादव, प्रद्युम्न सीरौठिया, रितिक दुबे (सनी),बरिष्ठ सदस्य राजकुमार श्रीवास्तव, चौधरी जयकरण सिंह, राजकुमारी निषाद, रामशंकर वर्मा, महेश कुमार रंजन, सोबरन सिंह कुशवाहा और कनिष्ठ सदस्य अनुराधा गौतम, शशि कुमार सिंह, शिवम गुप्ता, प्रवीण कुमार द्विवेदी, अस्मिता रत्ना, अभिषेक वर्मा सहित अन्य पदाधिकारियों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। इस दौरान जिला जज, अपर जिला जज, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) सहित न्यायिक अधिकारियों का बार एसोसिएशन की ओर से भव्य स्वागत एवं अभिनंदन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में अधिवक्ताओं की उपस्थिति रही, जिससे समारोह का माहौल उत्साहपूर्ण रहा। अंत में बार संघ अध्यक्ष ऋषि पटेल और महासचिव साधना त्रिपाठी और अन्य पदाधिकारियों ने अधिवक्ताओं के हितों की रक्षा, न्यायिक व्यवस्था को मजबूत बनाने और बार एसोसिएशन की गरिमा बनाए रखने का संकल्प लिया।

