जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने शनिवार को फूलपुर तहसील का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने तहसील परिसर के विभिन्न कार्यालयों और उप निबंधक (सब-रजिस्ट्रार) कार्यालय का निरीक्षण कर जरूरी निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान सब-रजिस्ट्रार फूलपुर कार्यालय में मौजूद नहीं मिले। इस पर जिलाधिकारी ने उनका वेतन रोकने और स्पष्टीकरण देने के निर्देश दिए। पहले भी निरीक्षण में उनके अनुपस्थित रहने की बात सामने आई थी। फाइलों के निस्तारण में ढिलाई पाए जाने पर जिलाधिकारी ने उपजिलाधिकारी फूलपुर सहित अन्य अधिकारियों से स्पष्टीकरण मांगा। उन्होंने उपजिलाधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार, न्यायालय कक्ष और अभिलेखागार का निरीक्षण कर फाइलों के रख-रखाव, जनसुनवाई, पत्राचार और पुराने मामलों की स्थिति की समीक्षा की। कई कोर्ट में बड़ी संख्या में पुराने और लंबित मामले मिले। 3 से 5 साल से लंबित फाइलों पर नाराजगी जताते हुए जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि सभी पुराने मामलों की नियमित सुनवाई कर उन्हें प्राथमिकता पर निस्तारित किया जाए। अंश निर्धारण, वरासत, धारा 32/38 और धारा 24 जैसे अविवादित मामलों को तुरंत निपटाने के निर्देश भी दिए गए। उन्होंने अभिलेखों को व्यवस्थित रखने, ऑर्डर शीट क्रम से लगाने और पुराने दस्तावेजों की टेपिंग/बाइंडिंग कर सुरक्षित रखने को कहा। कार्यालय में अनुशासन बनाए रखने और कर्मचारियों की समय से उपस्थिति सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए। लापरवाही मिलने पर सख्त कार्रवाई करने को कहा गया। जिलाधिकारी ने तहसील परिसर में साफ-सफाई की बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस मौके पर उपजिलाधिकारी जूही प्रसाद, जिला विकास अधिकारी जी.पी. कुशवाहा, तहसीलदार और अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
प्रयागराज में 20, 21 और 22 फरवरी 2026 को मण्डलीय फल, सब्जी और पुष्प प्रदर्शनी आयोजित की गई। अंतिम दिन पुरस्कार वितरण कार्यक्रम हुआ। मुख्य अतिथि श्री संजय श्रीनेत्र, अध्यक्ष लोक सेवा आयोग ने विजेताओं को पुरस्कार प्रदान किए। प्रतियोगिता में सुरेश कुमार यादव, प्रभारी मोती लाल उद्यान इकाई, राजकीय उद्यान, चन्द्रशेखर आजाद पार्क, प्रयागराज को सभी वर्गों में ओवरऑल चैम्पियन घोषित किया गया। उन्हें चुनौती कप और ₹21,000 की धनराशि दी गई।द्वितीय स्थान पर श्री शिव कुमार मौर्या, प्रभारी बैण्ड स्टैण्ड उद्यान इकाई, राजकीय उद्यान, प्रयागराज रहे। उन्हें शील्ड और ₹11,000 दिए गए।तृतीय स्थान पर आकांक्षा पाल, प्रभारी सर्किट हाउस उद्यान इकाई, प्रयागराज रहीं। उन्हें शील्ड और ₹5,100 की धनराशि दी गई। प्रदर्शनी में जज के रूप में कार्य करने वाले वैज्ञानिकों और पूर्व उद्यान विशेषज्ञों को भी सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि ने अपने संबोधन में कहा कि प्रदर्शनी में लगाए गए विभिन्न फूल, सजावटी पौधे और उनसे बनी कलाकृतियाँ लोगों की रचनात्मकता और मेहनत का परिणाम हैं। उन्होंने कहा कि यह प्रदर्शनी केवल फूलों की नहीं, बल्कि धैर्य और परिश्रम की भी प्रदर्शनी है। उन्होंने आयोजन की सराहना की और सुझाव दिया कि आगे से प्रदर्शनी तीन दिन के बजाय पाँच दिन की की जाए। बच्चों के लिए उद्यान से संबंधित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता भी कराई जाए। पार्क में विशेष प्रजाति के पौधे और ऊँचे स्थानों पर कैक्टस लगाए जाएँ। डॉ. वीरेन्द्र सिंह, मुख्य उद्यान विशेषज्ञ ने कहा कि दिए गए सुझावों को आगे की प्रदर्शनी में शामिल करने का प्रयास किया जाएगा और पार्क को और सुंदर बनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि उन्होंने पहली बार इस प्रदर्शनी में भाग लिया और बड़ी संख्या में लोगों की उपस्थिति से उन्हें खुशी हुई। बच्चों की रचनात्मकता बढ़ाने के लिए फोटोग्राफी और पेंटिंग प्रतियोगिता भी रखी गई। चित्रकला में 8 से 14 वर्ष आयु वर्ग में कर्णिका (तेलियरगंज, प्रयागराज) और 15 से 25 वर्ष आयु वर्ग में हुमा अक्स (झूंसी, प्रयागराज) को प्रथम पुरस्कार मिला। फोटोग्राफी में ओवरऑल प्रथम पुरस्कार काजल उपाध्याय (कटरा, प्रयागराज) को मिला। अधीक्षक, राजकीय उद्यान, चन्द्रशेखर आजाद पार्क, प्रयागराज ने बताया कि प्रदर्शनी 26 वर्गों में आयोजित की गई थी। प्रथम पुरस्कार ₹300 और द्वितीय पुरस्कार ₹200 नकद दिए गए। जो प्रतिभागी 24 फरवरी 2026 को सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक कार्यालय में आकर अपने पुरस्कार प्राप्त कर सकते हैं। कार्यक्रम का संचालन वी.के. सिंह, औद्यानिक प्रयोग एवं प्रशिक्षण केन्द्र, खुशरूबाग, प्रयागराज द्वारा किया गया। अंत में सभी को धन्यवाद दिया गया।
शहर के फुब्बारा दवा मार्केट में रविवार शाम औषधि विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक साथ 15 टीमों ने छापेमारी की। इस दौरान थोक दवा कारोबारियों के यहां जांच कर खरीद-बिक्री का रिकॉर्ड खंगाला गया और संदिग्ध दवाओं के सैंपल भी लिए गए। कार्रवाई का नेतृत्व सहायक औषधि आयुक्त अतुल उपाध्याय ने किया। उनके साथ कई जिलों के ड्रग इंस्पेक्टरों की टीमें शामिल रहीं। सबसे पहले टीम माहेश्वरी मार्केट पहुंची, जहां कई दवा दुकानों और गोदामों की जांच की गई। अधिकारियों ने स्टॉक, बिलिंग और दवाओं की गुणवत्ता से जुड़े दस्तावेजों की बारीकी से जांच की। इसके बाद टीमों ने फुब्बारा दवा बाजार के अन्य हिस्सों में भी छापेमारी की और हींग की मंडी क्षेत्र में भी जांच अभियान चलाया। अधिकारियों ने संदिग्ध दवाओं के सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे हैं। औषधि विभाग के अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई दवाओं की गुणवत्ता और अवैध बिक्री पर रोक लगाने के लिए की जा रही है। जांच के दौरान किसी भी तरह की गड़बड़ी मिलने पर संबंधित व्यापारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। टीम की कार्रवाई देर रात तक जारी रही, जिससे दवा बाजार में हड़कंप की स्थिति बनी रही।
लखनऊ में यूजीसी इक्विटी नियमावली लागू करने की मांग तेज हुई। दारुल शफा में समता, सामाजिक न्याय और संवैधानिक अधिकारों के सवाल पर राज्य स्तरीय सम्मेलन आयोजित किया गया। बैठक में प्रदेश के विभिन्न छात्र संगठनों, किसान संगठनों, सामाजिक-राजनीतिक समूहों, बुद्धिजीवियों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रीय बांस शिल्पी महासंघ द्वारा राजा बेन की जयंती पर पुष्पांजलि अर्पित कर के किया गया। सम्मेलन में निर्णय लिया गया कि 28 फरवरी को प्रदेश के सभी जिलों में धरना-प्रदर्शन आयोजित किए जाएंगे। इसके साथ ही जिला, ब्लॉक, कॉलेज और विश्वविद्यालय स्तर पर अभियान चलाकर आंदोलन को व्यापक बनाया जाएगा। सुप्रीम कोर्ट में प्रस्तावित सुनवाई से पूर्व लखनऊ में सम्मेलन और महापंचायत आयोजित करने की भी घोषणा की गई। वक्ताओं ने कहा कि अगर निर्णय पक्ष में नहीं आता है तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा साथ ही प्रत्येक जिले में संचालन समितियों का गठन होगा। इस दौरान राजीव ने कहा कि केंद्र सरकार से रोहित एक्ट की तर्ज पर जाति आधारित भेदभाव के खिलाफ सशक्त कानून बनाने, देशव्यापी जातीय जनगणना कराने के साथ ही जनगणना फॉर्म में जाति का कॉलम शामिल करने की मांग उठाई है । आरोप लगाते हुए कहा कि 2019 से 2024 के बीच विश्वविद्यालयों में जातिगत भेदभाव की शिकायतों में 118 प्रतिशत वृद्धि हुई है और लेटरल एंट्री व अन्य प्रक्रियाओं के जरिए वंचित वर्गों को बाहर किया जा रहा है। सम्मेलन में न्यायपालिका में सामाजिक विविधता और प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने की भी मांग की गई। बैठक में प्रयागराज, गाजीपुर, बाराबंकी, आजमगढ़, सुलतानपुर, जौनपुर, उन्नाव, हरदोई, अयोध्या, बलिया, सीतापुर, देवरिया, रायबरेली और बांदा समेत कई जिलों से आए प्रतिनिधियों ने एकजुट होकर आंदोलन का संकल्प दोहराया।
प्रदेश में कथित रूप से बढ़ती पुलिस अभिरक्षा में मौतों और कानून व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए ऑल इंडिया मुस्लिम त्यौहार कमेटी ने मानव अधिकार आयोग को ज्ञापन सौंपने की घोषणा की है। कमेटी का आरोप है कि मध्यप्रदेश में कानून व्यवस्था चरमराई हुई है और पुलिस पर लगाए जा रहे गंभीर आरोपों की निष्पक्ष जांच नहीं हो रही है। कमेटी के संरक्षक शमशुल हसन का कहना है कि आम नागरिक के खिलाफ हत्या के मामलों में धारा 302 के तहत प्रकरण दर्ज किए जाते हैं, लेकिन यदि किसी व्यक्ति की मौत पुलिस अभिरक्षा में होती है तो जांच के नाम पर लीपापोती की जाती है। उन्होंने इसे “एक प्रदेश में दो कानून” जैसी स्थिति बताया है।ऑल इंडिया मुस्लिम त्यौहार कमेटी ने मांग की है कि पुलिस अभिरक्षा में हुई मौतों की अविलंब निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों के खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज किए जाएं। कमेटी के अनुसार, 23 फरवरी 2026 को सुबह 11:30 बजे मानव अधिकार आयोग परिसर में एकत्र होकर आयोग को ज्ञापन सौंपा जाएगा।
DDU में रिसर्च एक्सीलेंस अवार्ड:111 रिसर्चर सम्मानित हुए, डॉ. अंबरीश दूसरी बार बने बेस्ट रिसर्चर
दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय में रविवार को रिसर्च एक्सीलेंस अवार्ड का आयोजन किया गया। इस दौरान रिसर्च में बेहतरीन कार्य करने वाले 111 लोगों को सम्मानित किया गया। कुलपति प्रोफेसर पूनम टंडन ने अपने हाथों से सभी सिलेक्टेड कैंडिडेट्स को यह अवार्ड दिया। वहीं बेस्ट रिसर्चर अवार्ड फिजिक्स डिपार्टमेंट के प्रोफेसर डॉ. अंबरीश को मिला। इस दौरान मुख्य अतिथि लखनऊ और मदन मोहन मालवीय प्रोद्योगिकी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर जय प्रकाश सैनी की भी मौजूद थे। क्वारटाइल रैंकिंग के आधार पर हुआ सिलेक्शन विश्व विद्यालय प्रबंधन के अनुसार यह अवार्ड मुख्य रूप से शोधार्थियों द्वारा स्कोपस या वेब ऑफ साइंस में लिस्टेड और क्वारटाइल रैंकिंग (Q1-Q4) जर्नल्स में किए गए प्रकाशनों के मूल्यांकन के आधार पर इस अवार्ड के लिए सिलेक्शन हुआ। इनका उद्देश्य उच्च प्रभाव वाले अंतर्राष्ट्रीय जर्नल्स में प्रकाशन को प्रोत्साहित करना और गोरखपुर विश्वविद्यालय की शैक्षणिक प्रतिष्ठा और शोध अभिवृति को बढ़ाना है। 111 रिसर्चर और प्रोफेसर को मिला अवार्डये पुरस्कार प्लेटिनम, डायमंड, गोल्ड, सिल्वर और ब्रॉन्ज श्रेणियों में विभाजित किए गए थे, जो जर्नल की रैंकिंग के आधार पर विभिन्न स्तरों की सफलता को दर्शाते हैं। इसमें भौतिकी विभाग के 40, रसायन विज्ञान के 27, वनस्पति विज्ञान के 20, गणित और सांख्यिकी के 9, जैवप्रौद्योगिकी के 4, प्राणि विज्ञान के 3, मनोवैज्ञान के 3 समेत इलेक्ट्रॉनिक्स, औद्योगिक सूक्ष्मजैविकी, भूगोल, फार्मेसी, इंजीनियरिंग सहित कुल 111 शोधकर्ता शामिल हैं। इन्हें मिली 10 हजार की प्राइज मनी इनमें 10,000 रुपए या उससे अधिक पुरस्कार प्राप्त करने वाले शिक्षकों में भौतिकी के डॉ. विनीत कुमार सिंह, डॉ. अम्बरीश कुमार श्रीवास्तव, गणित के डॉ. राजेश कुमार, भौतिकी के डॉ. सिंटू कुमार, रसायन के डॉ. आनन्द रत्नम, वनस्पति विज्ञान की डॉ. स्मृति मल्ल, जैवप्रौद्योगिकी विभाग के प्रो. राजर्षि गौर, वनस्पति विज्ञान के डॉ. रामवंत गुप्ता, इलेक्ट्रॉनिक्स की डॉ. कुसुम रावत, रसायन के डॉ. आलोक कुमार सिंह, जैवप्रौद्योगिकी के प्रो. दिनेश यादव, रसायन विज्ञान विभाग के डॉ. सचिन कुमार सिंह, भौतिकी के डॉ. दीपाश शेखर सैनी, वनस्पति विज्ञान की प्रो. पूजा सिंह, भौतिकी के डॉ. कृपा मणि मिश्रा शामिल हैं। वहीं 7000 या इससे अधिक पुरस्कार राशि प्राप्त करने वाले शोध छात्रों में भौतिकी विभाग की हर्षिता श्रीवास्तव, रसायन विज्ञान के अमित चौहान, भौतिकी के सतीश कुमार यादव, रसायन विज्ञान के मनोज कुमार, जंतु विज्ञान की नंदिनी सिंह, भौतिकी की वंदना मिश्रा तथा रसायन विज्ञान की दिव्याक्षी आर्य शामिल हैं। फिजिक्स डिपार्टमेंट को सबसे ज्यादा अवार्ड मिलेइनमें सर्वाधिक पुरस्कार भौतिकी विभाग के शोधकर्ताओं ने हासिल किए हैं। वहीं भौतिकी विभाग के ही डॉ. अम्बरीश कुमार श्रीवास्तव की शोध गतिविधियों के व्यापक विश्लेषण के आधार पर, जिसमें Q1/Q2/Q3/Q4 जर्नल्स में प्रकाशन, पेटेंट (प्रकाशित या स्वीकृत), प्रकाशित पुस्तकें और परियोजनाएं (स्वीकृत और जारी) शामिल हैं, सर्वश्रेष्ठ शोधकर्ता पुरस्कार दिया गया है। इसमें ₹ 21,000/- की नकद राशि, स्मृति चिन्ह और एक विशेष मान्यता प्रमाण पत्र प्रदान किया गया। इस पुरस्कार के लिए कुल 21 प्रविष्टियां प्राप्त हुई थीं। जिसमें भौतिकी विभाग के डॉ. अम्बरीश कुमार श्रीवास्तव को सर्वाधिक 218 अंक मिले। वहीं दूसरे पर रसायन विज्ञान के डॉ. आनन्द रत्नम और तीसरे स्थान पर जैवप्रौद्योगिकी के प्रो दिनेश यादव रहे। ज्ञात हो पिछले वर्ष भी डॉ. अम्बरीश कुमार श्रीवास्तव को ही सर्वश्रेष्ठ शोधकर्ता का पुरस्कार प्राप्त हुआ था। कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने दी बधाई सभी पुरस्कृत शोधकर्ताओं को बधाई देते हुए कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने कहा कि किसी भी विश्वविद्यालय की पहचान उनके शोधकर्ताओं, जिनमें शिक्षक और छात्र दोनों शामिल हैं, से होती है। हमें आशा ही नहीं वरन पूर्ण विश्वास है कि इस पहल से विश्वविद्यालय के शोध वातावरण में नई ऊर्जा का संचार होगा। आने वाले समय में विश्वविद्यालय की वैश्विक छवि एवं रैंकिंग में बढ़ोत्तरी होगी। बहुविषयी, अंतर्विषयी शोधों पर दे जोर- प्रो. जे पी सैनीमुख्य अतिथि लखनऊ विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. सैनी ने कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि इससे विश्वविद्यालय की रैंकिंग में बहुत सुधार होगा। उन्होंने शोधकर्ताओं से अपने शोध पत्रों में सतत विकास लक्ष्यों का ध्यान रखने का आवाहन किया। इसके साथ ही उन्होंने कला संकाय के शोधकर्ताओं को सोशल साइंस साइटेशन इंडेक्स्ड जर्नल्स में प्रकाशन कराने पर जोर दिया।
गोरखपुर के वॉलीबॉल खिलाड़ी आकांक्षा पांडेय और आयुष्मान सिंह का सिलेक्शन उत्तर प्रदेश सब जूनियर वॉलीबॉल टीम के लिए हुआ है। यह सिलेक्शन 12 फरवरी से बलिया में चल रहे ट्रेनिंग कैंप के आधार पर हुआ है। जहां दोनों खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन कर यूपी टीम में अपनी जगह बनाई। गोरखपुर जिला वॉलीबॉल के सचिव बैजनाथ मिश्रा ने बताया- यह टीम 23 फरवरी को ही बलिया से पश्चिम बंगाल के लिए रवाना होगी। 24 फरवरी से हुबली में आयोजित नेशनल में प्रतिभाग करेगी। खिलाड़ियों के सिलेक्शन की सूचना मिलने के बाद वॉलीबॉल के अधिकारियों और अन्य खिलाड़ियों में उत्साह है। सभी ने बेहतरीन प्रदर्शन के लिए उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। बधाई देने वालों में जिला वॉलीबॉल संघ के सचिव बैजनाथ मिश्रा, शंभु तिवारी, ट्रेजरार डीके शाही, अजय राय, रमेश राय, श्याम नारायण शुक्ला, बृजेश यादव, आले हैदर और अन्य खिलाड़ी शामिल हैं।
अंतरराष्ट्रीय मातृभाषा दिवस के अवसर पर शहर में ‘भारतीय भाषा पर्व’ का भव्य आयोजन हुआ। डॉक्टर हेडगेवार स्मारक समिति एवं भारतीय भाषा संवर्धन समिति के संयुक्त तत्वावधान में नूतन स्कूल (चिमन बाग) के फुटबॉल ग्राउंड पर आयोजित इस कार्यक्रम में विभिन्न भाषाई समाजों ने अपनी संस्कृति, साहित्य और पारंपरिक व्यंजनों के माध्यम से भारत की विविधता में एकता का जीवंत संदेश दिया। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। मुख्य अतिथि पी. नरहरि, प्रमुख सचिव, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग ने कहा कि भारत की सांस्कृतिक एकता उसकी भाषाई विविधता में निहित है। उन्होंने कहा कि बच्चों के बौद्धिक और मानसिक विकास के लिए मातृभाषा में शिक्षा अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने श्री कृष्ण देव राय का उदाहरण देते हुए भाषाओं के संरक्षण और संवर्धन को राष्ट्र निर्माण से जोड़ा। विशिष्ट अतिथि सेवानिवृत्त मेजर जनरल सरबजीत सिंह ने कहा कि मातृभाषा हमें परिवार से विरासत में मिलती है और यह हमारी पहचान का आधार है। सेना केवल देश की सीमाओं की रक्षा नहीं करती, बल्कि संस्कृति और मूल्यों की भी सुरक्षा करती है। उन्होंने युवाओं से अपनी ऊर्जा को राष्ट्रहित में लगाने का आह्वान किया। मुख्य वक्ता क्षेत्र संपर्क प्रमुख प्रवीण गुप्त ने भाषा के प्रति घटती संवेदनशीलता पर चिंता जताई। उन्होंने दैनिक जीवन में मातृभाषा के अधिकाधिक उपयोग पर जोर देते हुए कहा कि भाषा केवल संवाद का माध्यम नहीं, बल्कि भावनाओं की अभिव्यक्ति है। हस्ताक्षर भी अपनी मातृभाषा में करने की अपील की गई। कार्यक्रम संयोजक रवींद्र देशपांडे के अनुसार, इस पर्व में संस्कृत, निमाड़ी, मालवी, भीली, मैथिली, भोजपुरी, मलयालम, तेलुगु, कन्नड़, तमिल, मराठी, पंजाबी, मारवाड़ी, सिंधी, गुजराती, नेपाली और गढ़वाली सहित अनेक भाषाई समाजों ने सहभागिता की। विभिन्न राज्यों के सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुतियां, पारंपरिक व्यंजनों और साहित्य के स्टॉल आकर्षण का केंद्र रहे। कार्यक्रम के अंत में समिति के उपाध्यक्ष रुपेश पाल ने सभी अतिथियों और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया। आयोजन ने मातृभाषा के संरक्षण और संवर्धन के लिए समाज को एकजुट होने का संदेश दिया।
आजमगढ़ के मंडलीय कारागार में हत्या के मामले में निरुद्ध बंदी की रविवार देर शाम संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों ने मंडलीय अस्पताल पहुंचकर जेल प्रशासन पर हत्या का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। वहीं घटना की जानकारी मिलने के बाद मौके पर पहुंची कोतवाली की पुलिस परिजनों को समझा बुझाकर किसी तरह से शांत कराया। हत्या के मामले में जेल में बंद था कैदीमुबारकपुर थाना क्षेत्र के पुरुषोत्तमपुर गांव निवासी उग्रसेन सिंह 37 पिछले वर्ष दिसंबर माह में हत्या के मामले में जेल में निरुद्ध था। जेल प्रशासन के अनुसार उसने सुबह भोजन भी किया था। जेल के अधिकारियों ने बताया कि शाम के समय अचानक उसकी तबीयत बिगड़ गई और ब्लड प्रेशर काफी नीचे चला गया। प्राथमिक उपचार के लिए उसे पहले जेल अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन हालत में सुधार न होने पर जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। अस्पताल प्रशासन की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और समझा-बुझाकर स्थिति को नियंत्रित किया। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है। डेडबॉडी को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। पाोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के घटना के कारणों का खुलासा हो सकेगा। उग्रसेन सिंह जिले के केशवपुर गांव के रहने वाले नगीना सिंह और उनके तीन बेटे हत्या के मामले में जेल में बंद थे। जिनमें उग्रसेन सिंह की आज मौत हो गई।
जयपुर पोलो सीजन 2026 के तहत रविवार को राजस्थान पोलो क्लब ग्राउंड पर यूएसपीए प्रिंसेस दीया कुमारी फाउंडेशन लेडीज पोलो कप 2026 का रोमांचक मुकाबला खेला गया। फाइनल मैच में टीम पीडीकेएफ यूएसपीए ग्रीन ने टीम पीडीकेएफ यूएसपीए पिंक को 5-3 से हराकर खिताब अपने नाम कर लिया। इस अवसर पर राजस्थान की उप मुख्यमंत्री दीया कुमारी मुख्य अतिथि रहीं। उन्होंने विजेता टीम को ट्रॉफी प्रदान की। समारोह में प्रिंसेस दीया कुमारी फाउंडेशन की जनरल सेक्रेटरी गौरवी कुमारी और यूएस पोलो एसोसिएशन विमेंसवियर की बिजनेस हेड स्वप्निता सिंह भी मौजूद रहीं। लांस वाटसन की अगुवाई में शानदार जीत टीम पीडीकेएफ यूएसपीए ग्रीन ने लांस वाटसन के नेतृत्व में दमदार खेल दिखाया। विजेता टीम की ओर से कुमारी विजयश्री शक्तावत ने तीन गोल दागे, जबकि डॉ. शिवांगी जय सिंह ने दो गोल कर टीम को जीत दिलाई। टीम में मिली शेठ ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वहीं टीम पीडीकेएफ यूएसपीए पिंक का नेतृत्व सवाई पद्मनाभ सिंह ने किया। पिंक टीम की ओर से संजुला मान ने तीन गोल किए। अन्य खिलाड़ियों में उर्वी सिंह और कुमारी लावण्या शेखावत शामिल रहीं। मैच का आनंद लेने के लिए जयपुर के महिला संगठन, स्वयंसेवी संस्थाएं, पोलो प्रेमी और शहर के कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। लेडीज पोलो कप ने एक बार फिर यह साबित किया कि जयपुर केवल पोलो की ऐतिहासिक विरासत ही नहीं, बल्कि महिला खिलाड़ियों के उभरते आत्मविश्वास और खेल कौशल का भी सशक्त मंच है। पोलो प्रेमियों के लिए रोमांच अभी जारी रहेगा। अगले सप्ताह से राजस्थान टूरिज्म पोलो कप (6 गोल्स) की शुरुआत होगी, जिसका फाइनल मुकाबला 1 मार्च को राजस्थान पोलो क्लब ग्राउंड पर खेला जाएगा।
आजमगढ़ में श्रीराणी सती श्याम भक्त मंडल की ओर से रविवार को मारवाड़ी धर्मशाला परिसर से श्याम प्रभु की निशान यात्रा निकाली गई। निशान यात्रा जहां से गुजरी लोगों को फागुन का एहसास कराया। भक्त मंडल के कार्यकर्ता पूरे रास्ते अबीर गुलाल उड़ाते चल रहे थे। महिलाएं भी पुरुषों के कदम से कदम मिलाकर श्याम प्रभु की भक्ति से सरोबार झूम रही थी। वहीं गाड़ी पर सजाई गई खाटू श्याम की आकर्षक झांकी सभी का मन मोह रही थी। निशान यात्रा से पूर्व मारवाड़ी धर्मशाला परिसर में श्याम प्रभु का विधिवत पूजन अर्चन किया गया। इसके बाद उनकी झांकी को गाड़ी पर सजाया गया। निशान पूजन के बाद निकली यात्रा सब्जी मंडी चौराहे से पुरानी कोतवाली पहुंची। यहां पर लोगों के जलपान की व्यवस्था की गई थी। लोगों ने जलपान किया इसके बाद यात्रा आगे बढ़ी। आसिफगंज पहुंचने पर महावीर मिष्ठान भंडार के सामने भी यात्रा में शामिल लोगों के लिए जलपान की व्यवस्था की गई थी। आसिफगंज से मुख्य चौक होते हुए यात्रा मातबरगंज, बड़ादेव होते हुए बिन्नानी गार्डेन पहुंची और निशान को यहां सुरक्षित रखा गया। 25 फरवरी को खाटू श्याम के लिए होगी रवाना25 फरवरी को श्रीराणी सती श्याम भक्त मंडल के लोग इसे लेकर खाटू श्याम को रवाना होंगे। इसके बाद लोग अबीर और गुलाल उड़ाते हुए आगे बढ़े। रास्ते में जो भी परिचित मिला बिना रंगे आगे नहीं जा पाया। पुरुषों के साथ ही निशान यात्रा में काफी संख्या में महिलाओं ने भी प्रतिभाग किया। श्याम प्रभु के गीतों पर पूरे रास्ते श्रद्धालु नाचते झूमते मंजिल की ओर से बढ़ते रहे। गाड़ी पर सजी झांकी को देख हर आने जाने वाले निहाल हो रहे थे। श्याम प्रभु के सामने माथा टेककर ही लोग आगे बढ़े। इस मौके पर भोला जालान, गौरव अग्रवाल, अशोक रूंगटा, अशोक शर्मा, विनय रूंगटा, पारूल रूंगटा, परितोष रूंगटा, अमित अग्रवााल, ओमप्रकाश अग्रवाल, अमृत अग्रवाल, दीपक खंडेलिया, शोभित अडूकिया, दीपक अडूकिया, अंजू अग्रवाल सहित बड़ी संख्या में भक्त उपस्थित रहे।
ग्वालियर में पिटाई से एक बुजुर्ग किसान की मौत हो गई। दो दिन पहले किसान राजेंद्र सिंह गुर्जर निवासी डबका हस्तिनापुर जब बाइक से अपने गांव लौट रहा था तो बोलेरो सवार समधी पुलंदर गुर्जर ने ओवरटेक कर उसे रोका। इसके बाद पुरानी रंजिश पर समधी, उसके बेटों रामू, सुनील व तीन अज्ञात युवकों ने उसे लात-घूसों व डंडे से बेरहमी से पीटा था। शरीर में कई जगह गंभीर चोट आई थी। घटनाक्रम 20 फरवरी दोपहर 12.30 बजे मोहनपुर पुल से 50 मीटर पहले बेहट रोड का है। घायल ने मुरार थाना में घटना की सूचना दी थी। पुलिस ने मेडिकल भी कराया था। उस समय तो बुजुर्ग किसान की हालत ठीक नजर आ रही थी, लेकिन रविवार को अचानक हालत बिगड़ने पर परिजन उसे जिला अस्पताल लेकर पहुंचे थे, जहां रविवार रात बुजुर्ग की मौत हो गई है। बुजुर्ग की मौत की खबर मिलते ही पुलिस ने तत्काल स्थिति को संभाला है। सोमवार को शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा। शॉर्ट पीएम रिपोर्ट के बाद हत्या का मामला दर्ज किया जा सकता है। सड़क पर पटक कर लात-घूंसों से भी पीटा ग्वालियर के हस्तिनापुर डबका गांव निवासी राजेंद्र सिंह पिता रतन सिंह गुर्जर (64) किसान थे। वे शुक्रवार (20 फरवरी) अपनी बाइक से ग्वालियर के लिए निकले थे। दोपहर 12 बजे मोहनपुर पुल से 50 मीटर पहले बेहट रोड पर पहुंचे ही थे कि एक बोलेरो गाड़ी उसकी बाइक को ओवरटेक कर कुछ आगे जाकर रूक गई। बोलेरो से उनके समधी पुलंदर ने हाथ देकर रोक लिया। बाइक रोकी तो बोलेरो से समधी के बेटे रामू गुर्जर, सुनील गुर्जर हाथ में डंडे लेकर उतरे और गालियां देने लगे। जब किसान ने गालियां देने से मना किया तो समधी और उसके लड़कों ने मारपीट शुरू कर दी। इतना ही नहीं सड़क पर पटक कर लात-घूंसों से भी पीटा। इसी समय बोलेरो गाड़ी से तीन अनजान युवक और उतरे और उन्होंने भी बेरहमी से पीटा है। इसके बाद सभी बोलेरो से ही भाग गए। घायल ने बेटे को सूचना दी। बेटा अरविंद गुर्जर के आ जाने के बाद घायल मुरार थाना पहुंचा और शिकायत की। पुलिस ने पुलंदर, रामू, सुनील और तीन अन्य समेत 6 लोगों पर मारपीट का मामला दर्ज किया था। रविवार रात अस्पताल में तोड़ा दम घटना के समय घायल को इतनी गंभीर चोट नजर नहीं आ रही थीं। मेडिकल के बाद परिजन के साथ वह घर चला गया था, लेकिन अंदरूनी चोट से हालत बिगड़ी तो रविवार को बुजुर्ग को मुरार स्थित जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां रविवार रात 11 बजे घायल किसान ने दम तोड़ दिया है। बुजुर्ग की मौत के बाद परिजन ने हत्या का मामला दर्ज करने की मांग के साथ हंगामा खड़ा कर दिया। सूचना मिलते ही सीएसपी मुरार अतुल सोनी, थाना प्रभारी मुरार मैना पटेल पुलिस फोर्स के साथ पहुंची और हालात पर नियंत्रण किया है। अब पुलिस को पीएम रिपोर्ट का इंतजार रविवार रात बुजुर्ग किसान की मौत के बाद परिजन हत्या का मामला दर्ज करने पर अड़ गए। सीएसपी मुरार अतुल कुमार सोनी ने मौके पर पहुंचकर उनको समझाया है। पुलिस ने हालात पर नियंत्रण पाया और शव को डेड हाउस में रखवा दिया है। पुलिस अफसरों ने परिजन को समझाया है कि मारपीट के दो दिन बाद मौत हुई है। इसलिए सोमवार को शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा। शॉर्ट पीएम रिपोर्ट से पुष्टि होने के बाद आगे की कार्रवाई की जा सकेगी।
भोपाल में बनने वाले नए सेंट्रल विस्टा/स्टेट कैपिटल कॉम्प्लेक्स प्रोजेक्ट ने रफ्तार पकड़ ली है। सामान्य प्रशासन विभाग ने एक उच्च स्तरीय बैठक में इस योजना के प्राथमिक स्वरूप पर सहमति दे दी है। बैठक में हाउसिंग बोर्ड को 4 महीने यानी, 30 जून के पहले डीपीआर यानी, डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट फाइनल करने को कहा है। बोर्ड ने सेंट्रल विस्टा की डिजाइन और डीपीआर के लिए टेंडर के माध्यम से आर्किटेक्ट भी फाइनल कर दिया है। वल्लभ भवन, हमीदिया हॉस्पिटल, जेएनयू दिल्ली जैसे संस्थान डिजाइन करने वाली फर्म मेसर्स सीपी कुकरेजा सेंट्रल विस्टा बना रही है। प्रस्तावित नया प्रोजेक्ट लगभग 1 हजार करोड़ रुपए का है। कॉरपोरेट की तरह हाईटेक होगा ऑफिस सामान्य प्रशासन विभाग ने सभी सरकारी विभागों को पत्र लिखकर उनकी ऑफिस की जरूरतों और स्थानांतरण को लेकर जानकारी मांगी थी। अभी तक की जानकारी के मुताबिक, सामान्य प्रशासन विभाग को 58 विभाग के 84 कार्यालयों से पत्र प्राप्त हुए हैं। 33 विभाग के 59 कार्यालय सेंट्रल विस्टा में स्थानांतरण के इच्छुक हैं। इन विभागों ने कुल 1 लाख तीन हजार वर्ग मीटर जगह मांगी है। बाकी 6 कार्यालय रेनोवेशन और प्रस्तावित भवन के कारण सहमत नहीं है। 19 अन्य के अपने स्वतंत्र और पर्याप्त ऑफिस हैं। हालांकि, जिन भी ऑफिस में रेनोवेशन या र्निमाण कार्य शुरू नहीं हुआ है, उन सबको रोका जा सकता है। किसी को भी नई जमीन नहीं आवंटित की जाएगी। उन सभी को सेंट्रल विस्टा में ही जगह दी जाएगी। इस प्रोजेक्ट में सभी आधुनिक तकनीक और सुविधाएं उपलब्ध होंगी। कॉरपोरेट की तरह यह हाईटेक ऑफिस होगा। वर्तमान से दोगुना होगा ऑफिस स्पेस पुराने हो चुके सतपुड़ा और विंध्याचल भवन की जगह नया सेंट्रल विस्टा बनेगा। पुराने दोनों भवनों का निर्मित क्षेत्रफल 76 हजार 500 वर्ग मीटर है। नए सेंट्रल विस्टा में लगभग दोगुना यानी 1.60 लाख वर्ग मीटर निर्मित क्षेत्रफल होगा। नई योजना में वल्लभ भवन की वास्तुकला को ध्यान मं रखते हुए 12 नए टॉवर बनाने की योजना है। तापमान कम रहेगा और सोलर बिजली भी बनेगी नए प्रस्तावित डिजाइन में सभी 12 टॉवर की छत को जोड़कर एक परगोला बनाने का प्रस्ताव है। इससे पूरे परिसर का ताप कम रहेगा और सोलर बिजली भी उत्पन्न की जाएगी। हालांकि, साधिकार समिति ने इस परगोला को बनाने में आने वाले खर्च का डिटेल मांगा है। अगले 50 वर्षों की आवश्यकतानुसार होगी पार्किंग की व्यवस्था प्रस्तावित नए प्रोजेक्ट में पार्किंग को लेकर विशेष ध्यान दिया है। नए टॉवरों में अगले 50 वर्ष की आवश्कतानुसार पार्किंग बनाया जाएगा। वल्लभ भवन में अधिकारियों के लिए निर्धारित पार्किंग को तोड़कर टॉवर 1 व 2 का काम शुरू होना है। वर्तमान से 4 गुना ज्यादा होगा ग्रीन एरिया नए सेंट्रल विस्टा में ग्रीन एरिया को 4 गुना ज्यादा बढ़ाया गया है। नए प्लान में ग्रीन एरिया 5.84 हेक्टेयर से बढ़ाकर 22.46 हेक्टेयर किया जा रहा है। मेट्रो स्टेशन से आने-जाने के लिए कवर्ड फुटपॉथ प्रस्तावित प्रोजक्ट में आसपास के मेट्रो स्टेशन से कवर्ड पाथ-वे, हॉकर्स कॉर्नर और टॉयलेट भी बनाए जाएंगे। दूर से आने वाले आम लोगों के लिए पब्लिक ट्रांसपोर्ट का भी प्रावधान किया जाएगा। मौजूदा सड़कों का चौड़ीकरण व सौन्दर्यीकरण कर इन पर फुटपाथ बनेगा। एमपी हाउसिंग बोर्ड के कमिश्नर गौतम सिंह ने बताया प्रशासनिक कार्यकुशलता बढ़ाने, विभागों के बीच बेहतर समन्वय और आम नागरिकों की सुविधा के लिए यह एक महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट है। मप्र शासन की मंशा के अनुरूप बोर्ड इस पर तेजी से काम कर रहा है। क्या है स्टेट कैपिटल कॉम्प्लेक्स/ सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्टराजधानी में अभी ज्यादातर सरकारी ऑफिस अलग-अलग जगहों पर स्थित हैं। शासकीय विभागों की कार्य आवश्यकता, नई भर्ती, पुराने और जर्जर हो गए कार्यालयों की वजह से विभागों को नए ऑफिस की जरूरत है। इस आवश्यकता को देखते हुए मप्र शासन नई दिल्ली स्थित सेंट्रल विस्टा की तर्ज पर सतपुड़ा और विंध्याचल भवन की जगह पर एक नया प्रशासनिक केंद्र बनाने की योजना पर काम कर रहा है। भोपाल स्थित सेंट्रल विस्टा में ज्यादातर सरकारी ऑफिस व्यवस्थित और आधुनिक रूप में एक जगह होंगे। जिससे प्रशासनिक कार्य सुविधा के साथ-साथ आम नागरिकों के लिए भी यह सुविधाजनक होगा।
प्रयागराज के सेंट कोलंबस ग्रुप ऑफ स्कूल की सलोरी शाखा में वार्षिकोत्सव बड़े उत्साह और उमंग के साथ मनाया गया। रंग-बिरंगी प्रस्तुतियों और बच्चों की शानदार भागीदारी ने कार्यक्रम को खास बना दिया। नन्हे मुन्नों ने अपनी प्रतिभा के बलबूते बड़ों का दिल जीत लिया। खा लिया है कि पूरा ऑडिटोरियम प्रोग्राम के दौरान तालियों की गड़गड़ाहट से गूंजता रहा। बच्चों ने बांधा समां छात्र-छात्राओं ने गीत, नृत्य, नाटक और भाषण की प्रभावशाली प्रस्तुतियों से दर्शकों का मन मोह लिया। सामाजिक संदेशों से भरपूर कार्यक्रमों से बच्चों ने यह संदेश दिया कि शिक्षा के साथ-साथ संस्कार और व्यक्तित्व विकास भी बेहद जरूरी है। अरनव गुप्ता, त्र्यंबक, प्रभात, मिराज, आरुष, प्रियल, अनस, असद, शिवांश, उत्कर्ष, अनामिका, इति, आराध्या, प्रियांशु, अभिषेक, श्रेया, आरव, सौम्या, अक्षिता, सानवी, सिद्धि, ऋषभ, परिधि, अन्वी, इनाया, अनमोल, विवान, अनन्या, रिद्धि, दिविशा, मानवी, आयुष, अंशिका, श्रद्धा, साक्षी, आर्यन, रुद्रांश, सुदीक्षा, प्रथम, जारा, फलक, अविका, नित्य, काव्या, सृष्टि, आदर्श, सोनाक्षी, प्रांजल, आयशा, प्रियांशी, आकृति, जानवी, नैन्सी, आयुषी सहित अन्य ने मंच पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। ‘ऐसे आयोजन बच्चों के लिए जरूरी’ कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि न्यायाधीश दिनेश कुमार गौतम (जनपद न्यायालय), विद्यालय की प्रबंध निर्देशिका श्रीमती शशि तिवारी, विशिष्ट अतिथि प्रोफेसर विशाल श्रीवास्तव एवं सुरेन्द्र तिवारी द्वारा मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। मुख्य अतिथि ने अपने संबोधन में बच्चों की प्रस्तुतियों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। अभिभावकों ने भी बच्चों की प्रशंसा की। शिक्षिकाओं का रहा विशेष योगदान सलोरी शाखा की प्रधानाचार्या गीता चौहान के नेतृत्व में कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। कोऑर्डिनेटर प्रियंका चतुर्वेदी सहित ममता, मीनाक्षी, खुशी, संध्या, मोना, प्रियंका, रंजना, कस्तूरी, शीला, शिप्रा, सुप्रिया, नेहा, ममता मालवीय, शुभम व अन्य सहयोगी स्टाफ की सक्रिय भूमिका रही। कार्यक्रम का संचालन अलीशा और मोना ने किया। अंत में प्रधानाचार्या ने सभी अतिथियों, अभिभावकों एवं अन्य शाखाओं से आए प्रधानाचार्यों के प्रति आभार व्यक्त किया।
इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड एकाउंटेंट (आईसीएआई) की लखनऊ शाखा को नया चेयरमैन मिल गया है। सीए अश्वनी जायसवाल को सर्वसम्मति से शाखा का चेयरमैन चुना गया है। यह चुनाव रविवार को गोमतीनगर स्थित शाखा कार्यालय में प्रबंध समिति की बैठक के दौरान हुआ। बैठक में वर्ष 2026-27 के कार्यकाल के लिए पदाधिकारियों का चुनाव किया गया। आईसीएआई की प्रबंध समिति के सदस्यों ने सर्वसम्मति से इन नियुक्तियों को अंतिम रूप दिया। आईसीएआई की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, सीए ऋषभ मिश्रा को वाइस चेयरपर्सन चुना गया है। इसके साथही , सीए आशीष गुप्ता को सचिव और सीए चारू खन्ना को कोषाध्यक्ष व सिकासा की सभापति के रूप में चुना गया है।कार्यसमिति के अन्य सदस्यों में पूर्व चेयरमैन सीए अनुराग पांडे, सीए प्रियंका गर्ग और सीए अंशुल अग्रवाल शामिल हैं। इन्हें भी समिति का सदस्य चुना गया है।
राजधानी के इंदिरा नगर में साईं बाबा आश्रय ट्रस्ट मंदिर की ओर से पांचवीं साईं बाबा पालकी शोभा यात्रा का आयोजन किया गया। इस दौरान आस्था और भक्ति का माहौल देखने को मिला। यात्रा की शुरुआत बी-ब्लॉक चौराहे से हुई। यह भूतनाथ, नीलगिरी चौराहे और आम्रपाली चौराहे सहित विभिन्न प्रमुख मार्गों से होकर गुजरी। पूरे रास्ते श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी रही और जगह-जगह पालकी का पुष्पवर्षा से स्वागत किया गया। भजन-कीर्तन और जयकारों से पूरा इलाका भक्तिमय हो गया। साईं बाबा की पालकी विशेष आकर्षण केंद्र रही इस पालकी यात्रा में हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया। साईं बाबा की सजी-धजी पालकी विशेष आकर्षण का केंद्र रही। ट्रस्ट के पदाधिकारियों ने सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए विशेष प्रबंध किए थे। मंदिर के संस्थापक अनिल सोनकर की ओर से एक विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें हजारों लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। शाम को भजन संध्या भी हुई, जिसमें श्रद्धालु देर रात तक भक्ति में लीन रहे।इस अवसर पर संजय सोनकर, नीलेश सोनकर, रंजीत सोनकर, संजय गुप्ता, संजय शर्मा, धीरज गिहार, अश्विन वर्मा, नितिन चौधरी, अजय श्रीवास्तव, विनय सोनकर और राजीव अरोड़ा सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए ।
राजधानी लखनऊ के महानगर स्थित गोल्डन एप्पल होटल में लखनऊ कनेक्शन वर्ल्ड वाइड ग्रुप ने 'उम्मीद की उड़ान' कार्यक्रम का आयोजन किया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य कैंसर वॉरियर्स और सर्वाइवर्स को साहस और प्रेरणा देना था। इस आयोजन की शुरुआत पारंपरिक दीप प्रज्ज्वलन और गणेश वंदना से हुई। इसमें कैंसर से जूझ रहे लोगों और ठीक हो चुके मरीजों को प्रोत्साहित किया गया। मुख्य अतिथि डॉ. लोकेन्द्र गुप्ता (हेड, इमरजेंसी एंड ट्रॉमा सर्विसेज, मेदांता अस्पताल) ने अपने संबोधन में कहा कि कैंसर का समय पर पता चलना ही सफल इलाज की सबसे बड़ी कुंजी है। उन्होंने नियमित जांच और जागरूकता पर जोर दिया। डॉ. गुप्ता ने यह भी बताया कि मरीज के इलाज में परिवार, मित्रों और केयरगिवर्स का भावनात्मक सहयोग बेहद अहम होता है। कैंसर वॉरियर्स ने रैंप वॉक की एलसीडब्ल्यूडब्ल्यू के संस्थापक सुनील मिश्रा ने इस अवसर पर कहा कि कैंसर एक कठिन चुनौती है, लेकिन एकजुटता और विश्वास सबसे अंधेरे रास्तों को भी रोशन कर सकते हैं।कार्यक्रम का एक प्रेरक क्षण तब आया जब कैंसर सर्वाइवर्स और वॉरियर्स ने मुख्य अतिथि और आयोजकों के साथ हाथों में हाथ डालकर रैंप वॉक की। इस साहसिक वॉक में सुधीर कुमार श्रीवास्तव, मृदुला पांडे, अंकिता गुप्ता, सलमान बेग सहित कई सदस्यों ने हिस्सा लिया। इसके बाद सर्वाइवर्स को सम्मानित कर उनके जुझारूपन को सलाम किया गया। विजेताओं को सम्मानित किया गया इस दौरान उन सदस्यों को भी याद किया गया जिन्होंने बीमारी से लंबी लड़ाई लड़ी। राजीव शर्मा और विभा ताराश्री ने अपने निजी अनुभव साझा किए।कार्यक्रम के अगले चरण में सिंगल्स और कपल्स श्रेणी में फैशन शो आयोजित किया गया । सिंगल्स श्रेणी में अंजू यादव विजेता रहीं, जबकि पूजा टंडन प्रथम उपविजेता और रचना मिश्रा द्वितीय उपविजेता रहीं। कपल्स श्रेणी में साधना श्रीवास्तव और ज्योति प्रकाश श्रीवास्तव ने जीत हासिल की। कार्यक्रम के अंत में विजेताओं को सम्मानित किया गया।
लखनऊ में होली बैठक:श्री रामलीला भवन में महिलाओं-पुरुषों ने बिखेरे फाग के सुर
श्री रामलीला समिति महानगर ने श्री रामलीला भवन में महिलाओं और पुरुषों के लिए पर्वतीय शैली की रंगारंग होली बैठक का आयोजन किया। इस अवसर पर अवध की धरती पर उत्तराखंड की लोक परंपरा के रंग बिखरे, जिससे पूरा सभागार फाग के सुरों से सराबोर हो गया। कार्यक्रम में विमल पन्त, सरोज खुल्वे, नन्दा रावत, फाल्गुनी लोहुमी, यशी लोहुमी, भावना लोहानी, अनुराधा मिश्रा, लीला जोशी, प्रतिष्ठा शर्मा, किशोर कोठारी, महेंद्र रावत, गोविंद बोरा, लक्ष्मण सिंह मार्तोलिया, ज्ञान पन्त और महेंद्र पन्त ने विभिन्न रागों में होली गीत प्रस्तुत किए। हारमोनियम पर मनोज मेहता, तबले पर दिवाकर राव, ढोलक पर हरीश लोहुमी और मजीरे पर दिनेश पांडे ने शानदार संगत दी। गीतों के माध्यम से होली के महत्व को बताया इस दौरान 'आज बिरज में होली रे रसिया', 'फागुन आयो रे, रंग बरसाओ रे', 'खेले रघुवीरा अवध में होली', 'होली खेलन कैसे जाऊं सखी री' और 'रंग डालो री सजनी आज' जैसे पाँच होली गीत गूंजे। कलाकारों ने इन गीतों के माध्यम से होली के सांस्कृतिक महत्व को बताया। श्रोताओं ने ‘वाह-वाह’ और तालियों से कलाकारों का उत्साह बढ़ाया। समिति के मीडिया प्रभारी देवेंद्र मिश्रा ने बताया कि इन होली बैठकों का मुख्य उद्देश्य नई पीढ़ी को लोकसंस्कृति से जोड़ना और पर्वतीय परंपराओं को संरक्षित करना है।उन्होंने आगे कहा कि होली केवल रंगों का नहीं, बल्कि मेल-मिलाप और भाईचारे का त्योहार है।
लखनऊ में 'आगाज लखनऊ' साहित्यिक उत्सव:साहित्य, संवाद और संस्कृति का संगम देखने को मिला
राजधानी लखनऊ में रविवार को साहित्य, संवाद और संस्कृति का अनोखा संगम देखने को मिला। कविशाला की ओर से ‘आग़ाज़ लखनऊ’ साहित्यिक उत्सव शेरोज हैंगआउट में किया गया , जहां बड़ी संख्या में साहित्य प्रेमी, युवा और रचनाकार जुटे। कार्यक्रम ने स्थापित साहित्यकारों और नई पीढ़ी के रचनाकारों के बीच सार्थक संवाद का मंच तैयार किया। वरिष्ठ पत्रकार राहुल देव ने 'पत्रकारिता और भाषा संवाद' विषय पर कहा कि बदलते दौर में भाषा की जिम्मेदारी और पत्रकारिता की संवेदनशीलता पहले से अधिक महत्वपूर्ण हो गई है।इतिहासकार डॉ. रवि भट्ट ने 'अनकहा इतिहास' पर चर्चा करते हुए उन पहलुओं को सामने रखा, जो मुख्यधारा के विमर्श में अक्सर अनदेखे रह जाते हैं। देवी गीत और फाग की प्रस्तुति दी लोक कलाकार मालविका हरिओम ने लोकगीतों और लोक परंपरा की सांस्कृतिक गहराई पर बात की। उन्होंने ‘रेलिया बैरन पिया को लिये जाये रे’, देवी गीत और फाग की प्रस्तुति से श्रोताओं को भावविभोर कर दिया। पद्मश्री सम्मानित अभिनेता अनिल रस्तोगी ने साहित्य, रंगमंच और समाज के रिश्तों पर अपने अनुभव साझा किए। व्यंग्यकार पंकज प्रसून ने 'हास्य व्यंग – नुक्ताचीनी' से समकालीन विसंगतियों पर तीखा व्यंग्य किया। वहीं कवि राजेश कुमार ने 'दोहा का संसार' के बारे में बताते हुए कहा—'मेरे अपने देश का कटा फटा भूगोल,खुद अपने इतिहास की खोल रहा है पोल।' कवि सम्मेलन में गूंजे समकालीन स्वर मुख्य आकर्षण रहे कवि सम्मेलन में डॉ. संजय शौक, शहबाज तालिब, डॉ. सुधा मिश्रा, डॉ. ओम शर्मा ओम, देवेन्द्र दीक्षित, आदर्श श्रीवास्तव, लोकेश त्रिपाठी और अभिष्टेष्ठ तिवारी ने अपनी रचनाओं से माहौल को ऊर्जावान बना दिया। सामाजिक सरोकार, प्रेम, व्यंग्य और मानवीय रिश्तों की भावनाओं ने श्रोताओं को देर तक बांधे रखा। 'नए स्वर' बना युवाओं का मंच ओपन माइक 'नए स्वर' में उभरते कवियों और लेखकों ने पूरे आत्मविश्वास के साथ अपनी प्रस्तुतियां दीं। वरिष्ठ साहित्यकारों से मिली सराहना ने युवाओं का उत्साह दोगुना कर दिया। साहित्य में उल्लेखनीय योगदान के लिए पंकज प्रसून को 'कविशाला साहित्य सम्मान' से सम्मानित किया गया। कविशाला के संस्थापक अंकुर मिश्रा ने कहा कि 'आग़ाज़' का उद्देश्य साहित्य को समाज से जोड़ना है। युवाओं की बढ़ती भागीदारी इस बात का संकेत है कि साहित्य के प्रति रुचि लगातार बढ़ रही है।
लखनऊ के कैसरबाग स्थित गांधी भवन में भारतीय तैलिक साहू राठौर महासभा उत्तर प्रदेश की प्रांतीय बैठक की । इस बैठक में प्रदेशभर से आए पदाधिकारियों ने संगठन को बूथ से लेकर विधानसभा स्तर तक मजबूत करने का संकल्प लिया। बैठक की अध्यक्षता प्रदेश अध्यक्ष (राजनीतिक प्रकोष्ठ) राजमणि साहू ने की। उन्होंने बताया कि प्रदेश और महिला पदाधिकारियों को जिला प्रभारी नियुक्त किया जाएगा। ये प्रभारी अपने-अपने जिलों में संगठन को मजबूत करने और आगामी पंचायत चुनाव में समाज की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करेंगे। 27 विधानसभा क्षेत्रों में प्रभारी नियुक्त किए जाएंगे राजमणि साहू ने यह भी कहा कि जिला पंचायत, क्षेत्र पंचायत और ग्राम प्रधान पदों पर समाज को उचित प्रतिनिधित्व दिलाने के लिए एक रिपोर्ट तैयार कर संगठन को सौंपी जाएगी।बैठक का संचालन उत्तर प्रदेश राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य और युवा प्रदेश अध्यक्ष रमाशंकर साहू ने किया। उन्होंने आगामी 2027 के विधानसभा चुनाव पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इसके लिए 27 विधानसभा क्षेत्रों में प्रभारी नियुक्त किए जाएंगे। रमाशंकर साहू ने आगे कहा कि जिन विधानसभा सीटों पर प्रमुख राजनीतिक दल समाज के सदस्यों को टिकट नहीं देंगे, वहां संगठन अपने प्रत्याशी उतारने पर भी विचार करेगा। इसका उद्देश्य समाज को अपने राजनीतिक अधिकारों के लिए एकजुट करना है। महिलाओं को नेतृत्व की भूमिका के लिए तैयार करना आवश्यक महासभा की महामंत्री मनोरमा गुप्ता ने महिलाओं से बड़ी संख्या में संगठन से जुड़ने का आह्वान किया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि आने वाले समय में राजनीतिक आरक्षण लागू होने की संभावना है, जिसके लिए महिलाओं को अभी से नेतृत्व की भूमिका के लिए तैयार करना आवश्यक है। महिला कार्यवाहक अध्यक्ष कंचन राठौर (शाहजहांपुर) ने शिक्षा के महत्व को बताया। उन्होंने कहा कि शिक्षा ही समाज के समग्र विकास की कुंजी है।इस प्रांतीय बैठक में राष्ट्रीय, प्रदेश और जिला स्तर के कई महत्वपूर्ण पदाधिकारी उपस्थित रहे। सभी ने एजेंडा बिंदुओं पर ठोस कार्ययोजना बनाकर संगठन को और अधिक गतिशील बनाने का आश्वासन दिया।
लखनऊ के राज्य संग्रहालय में रविवार को 'कला अभिरुचि पाठ्यक्रम' की व्याख्यान श्रृंखला के तहत विशेष चर्चा की । इस कार्यक्रम का विषय 'व्हाई वन शुड विजिट द म्यूजियम' (संग्रहालय क्यों जाना चाहिए) था।यह आयोजन संस्कृति विभाग, उत्तर प्रदेश के सहयोग से हुईं।इस व्याख्यान में काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के संग्रहालय विज्ञान विभाग की पूर्व विभागाध्यक्ष ऊषा रानी तिवारी मुख्य वक्ता रहीं। डॉ. मीनाक्षी खेमका ने मुख्य वक्ता ऊषा रानी तिवारी का स्वागत करते हुए उनका संक्षिप्त परिचय प्रस्तुत किया। व्याख्यान का मुख्य उद्देश्य लोगों को संग्रहालयों के महत्व और उनकी भूमिका के प्रति जागरूक करना था। अपने व्याख्यान में ऊषा रानी तिवारी ने स्पष्ट किया कि हर वह स्थान संग्रहालय नहीं होता जहां पुरानी वस्तुएं रखी हों। उन्होंने बताया कि संग्रहालय की एक स्पष्ट परिभाषा और उद्देश्य होता है। संग्रहालय शिक्षा और ज्ञान साझा करने का एक महत्वपूर्ण मंच इंटरनेशनल काउंसिल ऑफ म्यूजियम (आईकॉम) द्वारा दी गई नई परिभाषा के अनुसार, संग्रहालय समाज की सेवा करने वाली एक गैर-लाभकारी संस्था है।आईकॉम के अनुसार, संग्रहालय मूर्त और अमूर्त विरासत का शोध, संरक्षण, संग्रह और प्रदर्शन करते हैं। वे सभी के लिए खुले, समावेशी और सुलभ होते हैं, जो विविधता, स्थिरता और नैतिक मूल्यों को बढ़ावा देते हैं। इसके साथ ही , संग्रहालय शिक्षा, मनोरंजन और ज्ञान साझा करने का एक महत्वपूर्ण मंच भी प्रदान करते हैं। मुख्य वक्ता ने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय संग्रहालयों का उदाहरण देते हुए एक चिंताजनक पहलू पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि आज तकनीकी उपकरणों के बढ़ते उपयोग के कारण लोग संग्रहालयों से दूर हो रहे हैं। मोबाइल और डिजिटल माध्यमों ने लोगों का ध्यान बांट दिया है, जिससे संग्रहालयों में रुचि घट रही है। चित्रों और उदाहरणों के माध्यम से संग्रहालयों की जानकारी दी हालांकि, ऊषा रानी तिवारी ने कहा कि संग्रहालय का प्रत्यक्ष अनुभव आज भी अनमोल है और डिजिटल माध्यम इसका विकल्प नहीं हो सकते। उन्होंने चित्रों और उदाहरणों के माध्यम से विभिन्न प्रकार के संग्रहालयों की जानकारी दी और उनके महत्व पर विस्तार से चर्चा की।कार्यक्रम के अंत में, निदेशक विनय कुमार सिंह ने मुख्य वक्ता ऊषा रानी तिवारी का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का संचालन सहायक निदेशक मीनाक्षी खेमका ने किया।
मोहनलालगंज के गौरा गांव में एक घर से अज्ञात चोरों ने सोने-चांदी के जेवरात और लगभग ढाई दर्जन साड़ियां चोरी कर लीं। यह घटना शनिवार देर रात उस समय हुई जब घर का परिवार एक शादी समारोह में शामिल होने गया हुआ था। गौरा गांव निवासी आकाश ने बताया कि शनिवार को उनका पूरा परिवार लखनऊ में सगे मामा की शादी में गया था। रात करीब दस बजे उनके पिता ननकऊ और छोटा भाई अभिषेक बारात से घर लौटे। पिता ननकऊ खेत में बनी झोपड़ी में सोने चले गए, जबकि अभिषेक छत पर बने कमरे में सो गया। इसी दौरान देर रात अज्ञात चोरों ने छत में लगे जिगले को हटाकर घर में प्रवेश किया। चोरों ने कमरे के दरवाजे का ताला तोड़ा और अंदर रखे बड़े व छोटे बक्सों के ताले भी तोड़ दिए। बक्सों में रखे सोने-चांदी के जेवरात, बहन की शादी में मिली लगभग ढाई दर्जन साड़ियां और अन्य कीमती सामान लेकर फरार हो गए। रविवार सुबह जब अभिषेक सोकर उठा और नीचे आया, तो कमरे का ताला टूटा देखकर हैरान रह गया। अंदर जाकर देखने पर सारा सामान बिखरा पड़ा था, जिससे चोरी की घटना का पता चला। अभिषेक ने तुरंत अपनी मां राधा और भाई आकाश को फोन पर सूचना दी। परिवार के घर पहुंचने के बाद पुलिस को घटना की जानकारी दी गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच-पड़ताल की। पीड़ित आकाश ने अज्ञात चोरों के खिलाफ तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। प्रभारी निरीक्षक बृजेश कुमार त्रिपाठी ने बताया कि तहरीर प्राप्त हो गई है और जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
लखनऊ के पद्मश्री डॉ एससी राय पार्क में आयोजित 22 वीं पुष्प प्रदर्शनी और चित्रकला प्रतियोगिता 2026 का समापन रविवार को पुरस्कार वितरण समारोह के साथ हुआ। कार्यक्रम में माननीय मेयर सुषमा खर्कवाल ने विजेताओं को सम्मानित किया। समारोह को संबोधित करते हुए महापौर ने कहा कि इस प्रदर्शनी में प्रतिभागियों ने अपनी रचनात्मकता और प्रकृति प्रेम का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। उन्होंने सभी प्रतिभागियों को बधाई देते हुए कहा कि ऐसे आयोजन पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। प्रतियोगिता के विभिन्न वर्गों में विजेताओं की घोषणा की गई। सदाबहार पत्तियों वाले गमलों में संस्थागत वर्ग में उद्यान भवन, सप्रू मार्ग को विजेता घोषित किया गया, जबकि व्यक्तिगत वर्ग में विश्व नारायण श्रीवास्तव (छोटा चांदगंज) को सम्मानित किया गया। जाड़े के मौसमी फूलों में संस्थागत वर्ग में उद्यान भवन तथा व्यक्तिगत वर्ग में रमेश कुमार (आईआईएम रोड) को पुरस्कार मिला। कई कैटेगरी में दिया गया सम्मान फूलों के कलात्मक समूह में रमेश कुमार को विजेता घोषित किया गया। सिनरेरिया सज्जा वर्ग में अधीक्षक, राजकीय उद्यान, आलमबाग को सम्मानित किया गया। बोगेनविलिया वर्ग में निदेशक, सीमैप लखनऊ को पुरस्कार प्रदान किया गया। गुलाब (कट फ्लावर) संस्थागत वर्ग में राजकीय उद्यान, आलमबाग तथा व्यक्तिगत वर्ग में हर्षिमा कुमारी को सम्मानित किया गया। गमलों में लगे गुलाब वर्ग में निदेशक, सीएसआईआर-सीमैप लखनऊ विजेता रहे। डहेलिया वर्ग में संस्थागत श्रेणी में राघवेन्द्र यादव (वृंदावन योजना) तथा व्यक्तिगत वर्ग में प्रियंका श्रीवास्तव (अलीगंज) को सम्मानित किया गया। डहेलिया कट फ्लावर वर्ग में रामचंद्र (संजय गांधी पुरम) विजेता रहे। शादी मंडप सज्जा वर्ग में मेसर्स अंशु इंटरप्राइजेज को पुरस्कार प्रदान किया गया। सक्यूलेंट एवं बोनसाई वर्ग में सचिन यादव (रतन खंड) को सम्मानित किया गया। वर्टिकल वॉल सज्जा में अरुण कुमार (गोमती नगर) विजेता रहे। सजीव पौधों से बनी आकृतियों के वर्ग व्यक्तिगत पुरस्कारों में विश्व नारायण श्रीवास्तव को पुरस्कार प्रदान किया गया। शाक-भाजी वर्ग में पंकज कुमार कश्यप (फैजुल्लागंज) विजेता रहे। निर्यात योग्य प्रमुख पुष्प वर्ग में भी विश्व नारायण श्रीवास्तव को सम्मानित किया गया। सभी 24 वर्गों में सर्वाधिक अंक प्राप्त करने पर विश्व नारायण श्रीवास्तव को विशेष रूप से 2100 रुपए की नगद राशि एवं विनर कप प्रदान किया गया। कार्यक्रम के अंत में माननीय ने सभी प्रतिभागियों, अधिकारियों और नागरिकों का आभार व्यक्त करते हुए शहर को और अधिक हरित, स्वच्छ और सुंदर बनाने का संकल्प लेने का आह्वान किया। इस अवसर पर कार्यकारिणी सदस्य अनुराग मिश्रा ‘अन्नू’, गौरी सांवरिया, पार्षद मुकेश सिंह चौहान, पार्षद प्रतिनिधि सुनील शंखधर, अपर नगर आयुक्त डॉ. अरविंद कुमार राव, वरिष्ठ समाजसेवी जितेंद्र प्रताप सिंह, उद्यान प्रभारी नंद किशोर, उद्यान अधीक्षक गंगा राम गौतम, शशिकांत शशि, मंच संचालिका शालिनी अग्रवाल सहित अनेक गणमान्यजन, नगर निगम की टीम और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
होली से पहले संभल में खाद्य सुरक्षा विभाग ने मिलावटखोरी के खिलाफ अभियान चलाया। इस दौरान गुन्नौर और धनारी क्षेत्र में कई खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। विभाग ने पानी की गुणवत्ता सही नहीं पाए जाने पर एक कारोबार को बंद करा दिया। रंग मिली अरहर दाल और पैकेज्ड पानी समेत अन्य खाद्य पदार्थों के नमूने जांच के लिए भेजे। रविवार को गुन्नौर तहसील के गंवा कस्बे में 'ब्लूस्ट्रॉन वाटर प्राइवेट लिमिटेड' पर चार घंटे तक छापेमारी की गई। टीम ने उत्पादन प्रक्रिया रोककर शुद्धिकरण संयंत्र, फिल्ट्रेशन सिस्टम, आरओ यूनिट, स्टोरेज टैंक और पैकेजिंग सेक्शन की गहन जांच की। गुणवत्ता मानकों, स्वच्छता व्यवस्था और लाइसेंस संबंधी दस्तावेजों का भी निरीक्षण किया गया। पैकेज्ड पानी के कई नमूने सील कर प्रयोगशाला जांच के लिए भेजे गए हैं। प्रयोगशाला से रिपोर्ट आने तक कारोबार बंद रखने की चेतावनी दी गई है।इसी क्रम में, रजपुरा गांव निवासी अर्पित वार्ष्णेय के किराना स्टोर की जांच में गंदगी और साफ-सफाई की कमी पाई गई, जिसके लिए उन्हें नोटिस जारी किया गया। स्टोर में अरहर दाल में कृत्रिम रंग की अधिकता मिलने पर उसका नमूना लेकर प्रयोगशाला भेजा गया है। विभाग ने दुकानदारों को खुले मसालों और खुले सरसों के तेल की बिक्री पर प्रतिबंध के संबंध में जागरूक किया। रजपुरा स्थित 'उस्मान प्रोविज़न सेंटर' का भी निरीक्षण किया गया, जहाँ कमियां पाए जाने पर नोटिस दिया गया। वहीं शनिवार को थाना धनारी क्षेत्र के भिरावटी गांव में प्रेमपाल पुत्र शिवराज की रसगुल्ला निर्माण इकाई का भी निरीक्षण किया गया। यहां गंदे तरीके से रखे गए 250 किलोग्राम सफेद रसगुल्ले मौके पर ही नष्ट करा दिए। इस इकाई का कारोबार अगले आदेशों तक बंद रखने का निर्देश दिया गया है और रसगुल्ले का नमूना जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है। यह कार्रवाई शनिवार शाम को की गई थी। जिला खाद्य अधिकारी मानवेंद्र सिंह ने रविवार को बताया कि जिलाधिकारी के निर्देश पर होली और आगामी त्योहारों को देखते हुए यह अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने सभी दुकानदारों से खुले में खाद्य पदार्थ बेचने से बचने की अपील करते हुए कहा कि लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
घाटमपुर में कार-ऑटो की आमने-सामने टक्कर:हादसे में 3 लोग घायल हुए, दो लोगों की हालत गंभीर
कानपुर के घाटमपुर थाना क्षेत्र में रविवार देर शाम एक कार और ऑटो की आमने-सामने की टक्कर हो गई। टेनापुर मोड़ के पास हुए इस हादसे में तीन लोग घायल हो गए। जिनमें से दो की हालत गंभीर बताई जा रही है। जानकारी के अनुसार, कानपुर देहात के खल्लाह निवासी ऋषि सिंह अपनी कार से कानपुर की ओर जा रहे थे। कानपुर-सागर हाईवे पर घाटमपुर थाना क्षेत्र के टेनापुर मोड़ के पास पहुंचने पर उनकी कार सामने से आ रहे एक ऑटो से टकरा गई। हादसे में ऑटो सवार घाटमपुर निवासी विवेक सचान (30 वर्ष) पुत्र चंद्रशेखर, गोविंद नगर कच्ची बस्ती निवासी ज्योति निषाद (26 वर्ष) पुत्री राज बहादुर और पतारा निवासी शीलू (20 वर्ष) पुत्र राकेश घायल हो गए। राहगीरों की सूचना पर पतारा चौकी पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने एंबुलेंस की मदद से सभी घायलों को पतारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद, गंभीर रूप से घायल ज्योति और विवेक को कानपुर जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। घाटमपुर इंस्पेक्टर दिनेश सिंह बिष्ट ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घायलों को अस्पताल पहुंचाया। पुलिस घटना की गहनता से जांच कर रही है और तहरीर के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
राममंदिर परिसर के दक्षिणी हिस्से में परकोटे के बाहर बने रामायणकालीन सप्त ऋषियों के मंदिरों और शेषावतार मंदिर का हस्तांतरण श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को कर दिया गया है। अब करीब 800 मीटर के परकोटे में चल रहा फिनिशिंग व साफ-सफाई का कार्य चल रहा है।इसके पूरा होते ही छह पूरक मंदिरों को भी लार्सन एंड टुब्रो कंपनी अगले माह मार्च तक हैंडओवर कर देगी। मंदिरों में संपूर्ण कार्य पूरा हो चुका है और प्रतिमाओं की प्राण प्रतिष्ठा भी हो चुकी है परकोटे के मध्य ही इन पूरक मंदिरों का निर्माण होने के कारण इन्हें हस्तांतरित नहीं किया गया है, जबकि मंदिरों में संपूर्ण कार्य पूरा हो चुका है और प्रतिमाओं की प्राण प्रतिष्ठा भी हो चुकी है। हस्तांतरण प्रक्रिया संपन्न हो जाने के बाद ट्रस्ट सभी मंदिरों में दर्शन आरंभ करा देगा। ट्रस्ट ने गत वर्ष 5 जून को ही एक साथ कराई थी प्रतिष्ठापरकोटे के मध्य निर्मित छह पूरक मंदिरों और इसके बाहर बने सप्तर्षि मंदिरों व शेषावतार मंदिर में प्रतिमाओं की प्राण प्रतिष्ठा श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने गत वर्ष 5 जून को ही एक साथ कराई थी। इसके बाद सभी सात पूरक मंदिरों में नियमित पूजन-अर्चन भी कराया जा रहा है। परकोटे का कार्य अधूरा रह जाने के कारण किसी मंदिर में नियमित दर्शन नहीं विशेष अवसरों पर अति विशिष्टजनों व कर्मियों को इन मंदिरों में दर्शन भी कराया जा रहा है, परंतु राम मंदिर के चारो ओर बने 800 मीटर लंबे परकोटे का कार्य अधूरा रह जाने के कारण किसी मंदिर में नियमित दर्शन नहीं शुरू किया जा सका। पहले इनमें फरवरी में दर्शन शुरू कराने की योजना बनाई गई थी, लेकिन परकोटे का कार्य समय से पूर्ण नहीं हो पाने की वजह से इसे टाल दिया गया। परकोटे में चल रहा कार्य मार्च तक चलेगा, इसलिए दर्शन आरंभ करने की योजना स्थगित कर दी गई। इसी बीच ट्रस्ट ने वर्ष प्रतिपदा के दिन प्रस्तावित नवसंवत्सर समारोह की तैयारियां शुरू करा दीं।
पटना के शास्त्री नगर थाना अंतर्गत राजा बाजार पिलर नंबर 49 चौधरी होटल गली में मारपीट की घटना सामने आई है। युवक की पहचान राकेश कुमार के तौर पर हुई है, जो पहले इसी मोहल्ले में रेंट के मकान में रहता था। राकेश ने बताया कि वह गली में खड़ा था। इसी बीच कुछ युवक आए और उसको जबरन स्कूटी पर बैठकर ले जाने लगे। इस बात का विरोध उसने किया तो मारपीट कर घसीटते हुए लेकर चले गए। इस दौरान मोहल्ले के लोगों ने भी उन युवकों को समझने की कोशिश की। लेकिन वह नहीं माने। मां जोर-जोर से रोने लगी बाद में राकेश की मां रोते चिल्लाते मोहल्ले में स्थित देवी स्थान पर पहुंची। वहां अपना सिर पटक पटककर बेटे की सलामती के लिए प्रार्थना करने लगी। रोते बिलखते देख मोहल्ले के लोगों की भीड़ लग गई। इसी बीच मोहल्ले के लोगों ने डायल 112 को इस घटना की जानकारी दी। पुलिस वहां पहुंची। इसके बाद देवी स्थान में लगे सीसीटीवी फुटेज को खंगाल गया। इससे आरोपियों की पहचान हुई और समय रहते पुलिस ने राकेश कुमार को बरामद कर लिया। सिर और मुंह में लगी है चोट राकेश के सिर और मुंह में चोट लगी है। उसने पुलिस के सामने कुछ युवकों के नाम बताएं हैं, जिन्होंने उसके साथ मारपीट की थी। फिलहाल पुलिस की ओर से उसे अस्पताल में इलाज के लिए ले जाया गया है। विवाद का कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है फिलहाल पुलिस विवाद की वजह जानने में लगी है। छानबीन जारी है।
रीवा में बीच शहर युवक की पिटाई, VIDEO:बहन के अफेयर पर भड़का भाई; लाठी-डंडों से जमीन पर लिटाकर पीटा
रीवा शहर के शिल्पी प्लाजा के पीछे जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के बाहर रविवार शाम उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एक युवक को बीच सड़क पर लाठी-डंडों से जमकर पीटा गया। घटना सेल्फी प्लाजा के पास की बताई जा रही है, जहां देखते ही देखते राहगीरों की भारी भीड़ जमा हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक,युवक की बहन का एक युवक के साथ अफेयर चल रहा था। इसकी जानकारी जब युवती के भाई को लगी तो वह गुस्से में आपा खो बैठा। उसने अपने साथियों के साथ मिलकर युवक को पकड़ लिया और बीच सड़क पर ही मारपीट शुरू कर दी। आरोप है कि युवक को जमीन पर लिटाकर लाठी-डंडों से पीटा गया। इस दौरान मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने दोनों पक्षों को समझाइश दी, लेकिन खबर लिखे जाने तक किसी भी पक्ष ने थाने में औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई है। मामला प्रेम प्रसंग से जुड़ा होने के कारण शहर में चर्चा का विषय बना हुआ है। पुलिस का कहना है कि यदि किसी पक्ष की ओर से शिकायत मिलती है तो विधि अनुसार कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल स्थिति सामान्य बताई जा रही है।
फर्रुखाबाद में एक युवक को सांप ने काट लिया, जिसके बाद उसके साथी मृत सांप को पॉलिथीन में बंद कर इलाज के लिए लोहिया अस्पताल ले आए। यह घटना रविवार शाम को हुई। फतेहगढ़ कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला नगला पजामा निवासी 23 वर्षीय अभय प्रताप सिंह रविवार की देर शाम अपने साथियों के साथ घर के बाहर टहल रहे थे। इसी दौरान एक सांप ने उनके पैर में डस लिया। आनन-फानन में परिजनों ने अभय के पैर को कपड़े से कसकर बांधा और उसे तुरंत लोहिया अस्पताल पहुंचाया। अभय के पीछे-पीछे उसके साथी भी पॉलिथीन में बंद मृत सांप को लेकर अस्पताल पहुंचे। जब चिकित्सकों ने पॉलिथीन में सांप को देखा तो साथियों ने बताया कि इसी सांप ने अभय को काटा था और उन्होंने उसे मौके पर ही मार दिया था। इमरजेंसी में ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक डॉ. दीपक तिवारी ने बताया कि युवक को सांप ने काटा था, लेकिन उसकी हालत स्थिर है और उपचार जारी है। उन्होंने यह भी बताया कि साथ आए लोग सांप को पॉलिथीन में लेकर आए थे और बाद में उसे बाहर ले गए।
हाथरस शहर के सर्कुलर रोड स्थित चैतन्य कॉम्प्लेक्स में आज रविवार रात करीब 9 बजे आग लग गई। कॉम्प्लेक्स की पहली मंजिल पर स्थित एक मेडिकल स्टोर में शॉर्ट सर्किट के कारण लगी इस आग ने देखते ही देखते आसपास की दुकानों को भी अपनी चपेट में ले लिया। आग की लपटें और धुआं उठते देख वहां मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। आग तेजी से फैली और पूरे परिसर में घना धुआं भर गया, जिससे अन्य दुकानों को भी नुकसान पहुंचा। स्थानीय लोगों ने तत्काल फर्म स्वामी, अन्य दुकानदारों और फायर स्टेशन को सूचना दी। सूचना मिलते ही दुकानदार मौके पर पहुंचे और फायर ब्रिगेड की गाड़ियां भी घटनास्थल पर पहुंच गईं। दमकल कर्मियों ने आग बुझाने का काम शुरू किया। आग पर काबू पाने के लिए कुछ दुकानों के शटर खुलवाए गए, जबकि कुछ के ताले तोड़कर अंदर तक पहुंच बनाई गई। दमकल कर्मियों को आग बुझाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया। हालांकि, इस घटना में मेडिकल स्टोर और आसपास की कई दुकानों में लाखों रुपये का नुकसान हुआ है।
लखनऊ में चाइनीज मांझा रोकने के लिए सीएम योगी का आदेश और पुलिस की सख्ती धरी रह गई। रविवार शाम एक बार फिर दुर्घटना हो गई। बाइक से जा रहे युवक की गर्दन में मांझा उलझ गया। गनीमत रही कि उसने तुरंत बाइक रोक दी जिससे उसकी गर्दन पूरी तरह कटने से बच गई। हालांकि, गर्दन से तेज खून निकलने लगा था। पास से गुजर रही महिला ने जैसे ही देखा उसने तुरंत युवक को संभाल लिया। एक अन्य राहगीर युवक ने अपना रूमाल बांधकर खून रोकने की कोशिश की। युवक अपनी गर्दन सीधी किए हुए किसी तरह बाइक से उतरा। उसके बाद चलते हुए ऑटो तक पहुंचा। उस पर बैठकर पास के अस्पताल पहुंचा जहां उसका उपचार चल रहा है। 2 तस्वीरें देखिए… शाम करीब 5 बजे हुआ हादसा प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक घटना रविवार शाम करीब 5 बजे की है। बाइक सवार सुजीत आईटी चौराहे की ओर से गुजर रहा था। इसी दौरान हवा में तना पतंग का मांझा उसकी गर्दन में आकर उलझ गया। मांझा इतना धारदार था कि गर्दन पर गहरा कट लग गया और खून बहने लगा। अचानक हुई इस घटना से आसपास अफरा-तफरी मच गई। युवक बाइक रोककर सड़क किनारे खड़ा हो गया। महिला की सूझबूझ से बची जान घटना स्थल पर मौजूद एक महिला तुरंत आगे आई। उसने बिना देर किए अपनी हाथों से युवक की गर्दन दबाकर खून रोकने की कोशिश की। फिर रूमाल लगाकर घाव पर दबाव बनाया, जिससे खून का बहाव कम हुआ। लोगों ने भी मदद की और युवक को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर तुरंत मदद नहीं मिलती तो मामला गंभीर हो सकता था। बार-बार सामने आ रहा मांझे का खतरा राजधानी में पहले भी पतंग के प्रतिबंधित मांझे से कई हादसे हो चुके हैं। इसके बावजूद खुलेआम ऐसे मांझे की बिक्री और उपयोग पर पूरी तरह रोक नहीं लग पा रही है। त्योहारों या छुट्टियों के दिनों में यह खतरा और बढ़ जाता है। स्थानीय व्यापारियों और राहगीरों ने प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके। पुलिस और प्रशासन से कार्रवाई की मांग घटना के बाद इलाके में चर्चा है कि प्रतिबंध के बावजूद जानलेवा मांझा बाजार में कैसे पहुंच रहा है। लोगों ने पुलिस और प्रशासन से नियमित जांच और कड़ी कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल, युवक सुजीत की हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। समय रहते मदद मिलने से एक बड़ा हादसा टल गया, लेकिन यह घटना एक बार फिर चेतावनी दे रही है कि पतंग का खतरनाक मांझा शहर की सड़कों पर जानलेवा साबित हो सकता है। ------------------------ ये खबर भी पढ़िए… ग्राउंड रिपोर्ट - चाइनीज मांझे से 12 दिन में 10 की गर्दन कटी:लखनऊ में लोग बोले- इससे पेड़ भी उठ जाए; ड्रोन से निगरानी फिर भी उड़ रहीं पतंगें लखनऊ में 12 दिन के अंदर चाइनीज मांझे से 10 लोगों की गर्दन कट गई। इनमें से एक ने तड़प-तड़पकर दम भी तोड़ दिया। फरवरी में यह पहली घटना 5 फरवरी को हुई। उसके बाद सीएम योगी ने अफसरों को सख्त निर्देश दिए कि अगर किसी की जान पतंग के मांझे से गई तो इसे न रोक पाने के जिम्मेदारों पर हत्या का मुकदमा दर्ज किया जाएगा। (पूरी खबर पढ़िए)
बेगूसराय के लाल IPS विकास वैभव की ओर से शुरू किए गए लेट्स इंस्पायर बिहार अभियान ने आज तालकटोरा स्टेडियम में बिहार डेवलपमेंट समिट का आयोजन किया। यह आयोजन विकसित भारत @ 2047 के तहत विकसित बिहार के निर्माण के दृष्टिकोण को समर्पित किया गया था। देश और विदेश से प्रतिनिधियों की सहभागिता के साथ इस समिट ने अभियान के विस्तृत होते दायरे, विश्वसनीयता और राष्ट्रीय प्रासंगिकता को रेखांकित किया। बता दें कि हर जिले में 5 स्टार्ट अप का लक्ष्य है। वहीं, केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने इस कार्यक्रम में कहा है कि देश की प्रगति के लिए बिहार का विकास जरुरी है। कार्यक्रम का उद्घाटन केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने किया। मौके पर बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा और बिहार सरकार के उद्योग एवं पथ निर्माण मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल उपस्थित थे। समिट का नेतृत्व लेट्स इंस्पायर बिहार के मुख्य संरक्षक विकास वैभव ने किया। मंगलाचरण के साथ दीप प्रज्वलन कर समिट का शुभारंभ किया गया, जो बिहार के पुनरुत्थान के लिए सामूहिक संकल्प का प्रतीक बना। स्वागत भाषण में विकास वैभव ने कहा कि 12 जनवरी 2021 को पटना में मात्र तीन लोगों ने अभियान की शुरूआत करते हुए संकल्प लिया था कि तीन विश्वास करते हैं, तो कल हजारों करेंगे। आज 3.5 लाख से अधिक लोग इस अभियान से जुड़े हुए हैं। यह आयोजन बिहार के विकास में योगदान के लिए प्रतिबद्ध व्यक्तियों का संगम है। उपस्थित प्रत्येक व्यक्ति परिवर्तन के संकल्प का प्रतिनिधित्व करता है। बिहारी शब्द का अपमानजनक रूप से प्रयोग कर उनका उपहास किया जाता था। एलआईबी लोगों को एकजुट करने का प्रयास करता है आखिर नालंदा, विक्रमशिला, वैशाली, विश्व के प्रथम गणतांत्रिक गणराज्य, और शून्य की अवधारणा देने वाली भूमि को कलंकित कैसे किया जा सकता है। उसी अनुभव ने बिहार की अस्मिता को पुनर्स्थापित करने के उनके संकल्प को आकार दिया। प्राचीन काल में भी जातियां थी, परंतु आज दिखाई देने वाला कठोर और विनाशकारी जातिवाद उस समय समाज की परिभाषा नहीं था। ऐसा क्रूर जातिवाद होता, तो बिहार में नंद वंश का उदय संभव न होता। ऐसे विभाजन हावी होते, तो चाणक्य नेतृत्व गढ़ते समय संकीर्ण पहचानों से परे खोज न करते। एलआईबी जाति, समुदाय, धर्म और लिंग से परे लोगों को एकजुट करने का प्रयास करता है। कोई बाहरी व्यक्ति बिहार को परिवर्तित नहीं करेगा, इसकी जिम्मेदारी स्वयं बिहारवासियों को लेनी होगी। लक्ष्य ऐसा बिहार बनाना है जहां स्वास्थ्य, शिक्षा या रोजगार के लिए किसी को पलायन न करना पड़े। इसके लिए पंचायत तक पहुंचने वाली स्टार्ट-अप क्रांति और बचपन से ही उद्यमशील आकांक्षा का विकास आवश्यक है। केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि भारत की समग्र प्रगति के लिए बिहार का विकास जरूरी है। बिहार ऐतिहासिक रूप से भारत का बौद्धिक और सभ्यतागत केंद्र रहा है और अब उसे देश के आर्थिक और औद्योगिक परिदृश्य में अपना यथोचित स्थान फिर से हासिल करना चाहिए। उन्होंने वस्त्र, सूक्ष्म, लघु व मध्यम उद्यम और ग्रामीण उद्योग जैसे क्षेत्रों में विशाल रोजगार सृजन क्षमता की ओर संकेत किया। लेट्स इंस्पायर बिहार एक रचनात्मक और दूरदर्शी पहल है, जो लोगों को विकास की जिम्मेदारी लेने के लिए प्रेरित कर लोकतांत्रिक भावना को सुदृढ़ करती है। विकास वैभव के दृष्टिकोण और धैर्य की प्रशंसा की उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने एक समान विकास लक्ष्य के तहत तीन लाख से अधिक लोगों को संगठित करने के लिए विकास वैभव के दृष्टिकोण और धैर्य की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि लेट्स इंस्पायर बिहार सामाजिक समरसता व आर्थिक आत्मनिर्भरता पर आधारित सकारात्मक नागरिक जागरण का प्रतिनिधित्व करता है। पारदर्शी शासन और संरचनात्मक सुधार बिहार के रूपांतरण की आधारशिला हैं। लंबित भूमि और राजस्व विवादों के समाधान के लिए व्यवस्थित प्रयास किए जा रहे हैं। क्योंकि भूमि स्वामित्व की स्पष्टता और प्रशासनिक दक्षता औद्योगिक निवेश और स्टार्ट-अप विस्तार के लिए अनिवार्य पूर्वशर्त हैं। उन्होंने पंचायत स्तर तक उद्यमिता पर एलआईबी के बल की सराहना की और औद्योगिक विकास, रोजगार सृजन व सामाजिक एकता को बढ़ावा देने वाली पहलों में पूरा सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि जब नागरिक अभियान शासन सुधारों के साथ संरेखित होते हैं, तब परिवर्तनकारी बदलाव संभव होता है। उद्योग एवं पथ निर्माण मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने बिहार डेवलपमेंट समिट 2026 को एक गंभीर और नीतिनिष्ठ मंच बताया, जो सरकार के विकास एजेंडा का पूरक है। उन्होंने कहा कि लेट्स इंस्पायर बिहार ने उद्यमियों, नीति-निर्माताओं और युवाओं को जोड़ने वाला एक संरचित तंत्र विकसित किया है। औद्योगिक विस्तार और सड़क अवसंरचना विकास को समानांतर रूप से आगे बढ़ाना आवश्यक है। जिससे एक सतत आर्थिक ढांचा बन सके। उन्होंने निवेशक अनुकूल नीतियों, बेहतर संपर्कता और स्टार्ट-अप प्रोत्साहन पर बिहार सरकार के ध्यान को पलायन रोकने और स्थानीय रोजगार सुदृढ़ करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। कहा कि उद्यमिता आधारित विकास आत्मनिर्भर बिहार के निर्माण की कुंजी है और प्रत्येक जिले में पांच स्टार्ट अप स्थापित करने के एलआईबी के दृष्टिकोण को सरकार के औद्योगिक रोडमैप के अनुरूप है। विकसित बिहार @ 2047 के लक्ष्य को आगे बढ़ाने वाली पहलों को निरंतर नीतिगत समर्थन करते रहेंगे। बिहार ने सकारात्मक ऊर्जा को विकास अभियान में रूपांतरित किया खगड़िया के सांसद राजेश वर्मा ने बिहार डेवलपमेंट समिट 2026 के पैमाने और गंभीरता की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रयास युवाओं और उद्यमियों में विश्वास निर्माण के लिए आवश्यक हैं। उन्होंने कहा कि लेट्स इंस्पायर बिहार ने सकारात्मक ऊर्जा को एक संरचित विकास अभियान में रूपांतरित किया है। राजेश वर्मा ने विकास वैभव की प्रतिबद्धता की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह अभियान बिहार की पहचान पर गर्व जगाने के साथ रोजगार और औद्योगिक विकास के लिए व्यावहारिक समाधान प्रस्तुत कर रहा है।
नोएडा में 100 किलो गुलाब जामुन नष्ट:होली से पहले खाद्य सुरक्षा विभाग की छापेमारी, रिफाइंड तेल सीज
गौतमबुद्धनगर में होली पर्व के मद्देनजर सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग ने रविवार को पूरे जिले में छापेमारी अभियान चलाया। यह कार्रवाई जिलाधिकारी के निर्देश पर की गई। इसी अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा अधिकारी रितु सक्सेना और अमर बहादुर सरोज की टीम ने नोएडा के सेक्टर 62 स्थित 'सम्यक मिठाईवाला' पर छापा मारा। निरीक्षण में लगभग 100 किलोग्राम गुलाब जामुन दूषित पाए गए, जिनमें मक्खी-मच्छर पड़े थे। टीम ने एक नमूना लेकर शेष गुलाब जामुन मौके पर ही नष्ट करवा दिया। एक अन्य कार्रवाई में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी वीरेंद्र द्विवेदी के नेतृत्व में मुकेश कुमार, रविंद्र नाथ वर्मा, विजय बहादुर पटेल और सय्यद इबादुल्लाह की टीम ने ग्रेटर नोएडा के कासना स्थित 'जानकी बल्लभ फूड्स प्राइवेट लिमिटेड' की खाद्य तेल निर्माण इकाई पर छापा मारा। जांच में 'न्यूट्रीग्लो' ब्रांड के 750 ग्राम रिफाइंड सोयाबीन ऑयल, 13 किलोग्राम पैक्ड टीन रिफाइंड सोयाबीन तेल और 750 ग्राम पैक्ड रिफाइंड पॉमोलिन ऑयल के नमूने लिए गए। निरीक्षण में पाया गया कि सभी उत्पादों पर फोर्टिफिकेशन का लोगो अंकित था, जबकि फोर्टिफिकेशन नहीं किया गया था। इसके अलावा, बैच नंबर और अन्य आवश्यक अभिलेख भी उपलब्ध नहीं थे। इन अनियमितताओं के चलते टीम ने 291 टीन रिफाइंड सोयाबीन ऑयल, 3968 पैक्ड पाउच रिफाइंड सोयाबीन ऑयल और 6995 पैक्ड पाउच रिफाइंड पॉमोलिन ऑयल को सीज कर दिया। साथ ही, 'न्यूट्रीलाइव गोल्ड' ब्रांड के 15 किलोग्राम वाले 91 टीन रिफाइंड पॉमोलिन तेल भी मिले, जिनकी निर्माण तिथि समाप्त हो चुकी थी। ये टीन अन्य कंपनी के ट्रेडिंग के लिए रखे गए थे। टीम ने एक नमूना लेकर शेष 91 टीन भी सीज कर दिया। कुल मिलाकर विभाग ने पांच नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे हैं और कहा कि यह छापेमारी अभियान आगे भी जारी रहेगा।
फर्रुखाबाद के लोहिया अस्पताल में रविवार को हार्टअटैक के एक मरीज को 40 हजार रुपये का 'टेनेक्टेप्लाज' इंजेक्शन निशुल्क लगाया गया। यह इंजेक्शन मरीज की जान बचाने में सहायक रहा। जिले में यह दूसरी बार है जब यह महंगा इंजेक्शन मुफ्त में उपलब्ध कराया गया है। यह दूसरी बार हुआ है जब मरीज को यह इंजेक्शन दिया गया है। शाहजहांपुर जनपद के हुलापुर निवासी 45 वर्षीय ओविद को रविवार शाम सीने में तेज दर्द उठा। परिजन उसे तत्काल लोहिया अस्पताल की इमरजेंसी लेकर पहुंचे। इमरजेंसी में ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक डॉ. दीपक तिवारी ने मरीज की जांच की और तुरंत हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. मनोज पांडेय को सूचित किया। डॉ. पांडेय ने मरीज की स्थिति का आकलन करने और ईसीजी कराने के बाद 'टेनेक्टेप्लाज' इंजेक्शन देने का निर्णय लिया। तत्काल फार्मासिस्ट को बुलाकर मरीज को यह जीवनरक्षक इंजेक्शन दिया गया। इंजेक्शन लगने के कुछ ही समय बाद मरीज को काफी राहत महसूस हुई और उसकी हालत में सुधार दिखने लगा। डॉ. मनोज पांडेय ने बताया कि हार्ट अटैक जैसे गंभीर मामलों के लिए शासन द्वारा यह बहुमूल्य इंजेक्शन उपलब्ध कराया गया है। इंजेक्शन के बाद मरीज को कुछ समय अस्पताल में निगरानी में रखा गया। हालत स्थिर होने पर उसे बेहतर इलाज के लिए कानपुर के हृदय रोग संस्थान रेफर कर दिया गया।
सुल्तानपुर के गोसाईगंज थाना क्षेत्र के उघड़पुर गांव में रविवार की रात एक कब्र बिज्जू (जंगली जानवर) आबादी वाले इलाके में घुस आया। जानवर के हमले में तीन ग्रामीण घायल हो गए, जिससे गांव में दहशत फैल गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, कब्र बिज्जू सुबह खेतों की ओर से गांव में दाखिल हुआ। ग्रामीणों ने उसे भगाने का प्रयास किया, लेकिन इसी दौरान उसने तीन लोगों पर हमला कर दिया। घायलों को तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां उनका इलाज किया गया। घटना की सूचना मिलते ही उप क्षेत्रीय वन अधिकारी अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। वन विभाग की टीम ने काफी मशक्कत के बाद कब्र बिज्जू को सुरक्षित पकड़ लिया। जानवर के पकड़े जाने के बाद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि जंगली जानवर अक्सर भोजन की तलाश में रिहायशी इलाकों में आ जाते हैं। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की है कि ऐसे मामलों में स्वयं जोखिम न लें और तत्काल वन विभाग को सूचित करें।
सीतापुर के मिश्रिख कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत उत्तरधौना गांव के पास रविवार देर रात करीब 9 बजे एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। यहां खेत की ओर जा रही मां-बेटे को तेज रफ्तार डाले ने जोरदार टक्कर मार दी। इस भीषण हादसे में 70 वर्षीय बुजुर्ग महिला की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसका बेटा गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद चालक डाला लेकर मौके से फरार हो गया। जानकारी के अनुसार, उत्तरधौना गांव निवासी शांति देवी (70) पत्नी सोहन लाल अपने पुत्र बाबूलाल (45) के साथ खेत जा रही थीं। जैसे ही दोनों गांव के बाहर मुख्य मार्ग पर पहुंचे, तभी तेज गति से आ रहे डाले ने उन्हें टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि शांति देवी ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया, जबकि बाबूलाल सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और आसपास के ग्रामीण बड़ी संख्या में जमा हो गए। चालक द्वारा मौके से फरार होने से ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया। गुस्साए ग्रामीणों ने सड़क पर जाम लगा दिया, जिससे करीब आधे घंटे तक मिश्रिख हरदोई यातायात पूरी तरह बाधित रहा। दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। सूचना मिलने पर कोतवाली मिश्रिख प्रभारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने ग्रामीणों को समझा-बुझाकर शांत कराया और जाम खुलवाया। इसके बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरते हुए पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने अज्ञात वाहन और फरार चालक की तलाश शुरू कर दी है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, ताकि डाले और उसके चालक की पहचान की जा सके। वहीं, गंभीर रूप से घायल बाबूलाल को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार जारी है। घटना के बाद गांव में शोक का माहौल है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
बांदा में ई-रिक्शा-ट्रैक्टर टक्कर में एक की मौत:दो गंभीर घायल जिला अस्पताल रेफर, इलाज शुरू
बबेरू कस्बे में रविवार शाम ई-रिक्शा और ट्रैक्टर की जोरदार टक्कर हो गई। इस हादसे में ई-रिक्शा में सवार एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल रेफर किया गया है। यह घटना बांदा रोड पर पहाड़ी महादेव मंदिर के पास शाम करीब 5 बजे हुई। बड़ागांव, थाना बिसंडा निवासी रामनरेश (58 वर्ष), राखी (50 वर्ष) और राजेश (30 वर्ष) अहार स्टाफ से ई-रिक्शा में सवार होकर बबेरू आ रहे थे। तभी एक तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने ई-रिक्शा को टक्कर मार दी, जिससे तीनों लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना मिलने पर बबेरू कोतवाली पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने एंबुलेंस की मदद से सभी घायलों को समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बबेरू में भर्ती कराया। डॉक्टरों ने परीक्षण के बाद रामनरेश पुत्र बाबूलाल को मृत घोषित कर दिया। राजेश और राखी को प्राथमिक उपचार दिया गया, लेकिन उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें जिला अस्पताल बांदा रेफर कर दिया गया है। पुलिस ने मृतक के शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरा और पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल कॉलेज बांदा भेज दिया है।
अरवल पुलिस होली को लेकर अलर्ट:35 लीटर शराब जब्त, वाहन चेकिंग के दौरान पकड़ा
अरवल पुलिस ने होली पर्व से पहले अवैध शराब के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। जिले के पारसी और सदर थाना क्षेत्रों से कुल 35 लीटर देसी शराब जब्त की गई। यह कार्रवाई एसपी नवजोत सिमी के निर्देश पर की जा रही है। पारसी थाने की पुलिस ने सोन दियारा क्षेत्र में छापेमारी कर 20 लीटर देसी शराब बरामद की। यह कार्रवाई गुप्त सूचना के आधार पर की गई। वहीं, सदर थाने की पुलिस ने वाहन चेकिंग के दौरान 15 लीटर देसी शराब जब्त की। इस दौरान शराब कारोबारी मौके से भागने में सफल रहा। अरवल थाना प्रभारी दरबारी चौधरी ने बताया कि रविवार देर शाम से वरीय अधिकारियों के निर्देश पर जिले में अवैध शराब के विरुद्ध लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस नशे के खिलाफ तत्परता से अभियान चला रही है।
जोधपुर के रातानाडा क्षेत्र में एक मनचले ने एक महिला पुलिस अधिकारी को अश्लील इशारे किए। सिटी बस में सफर कर रहे नशेड़ी ने कार सवार महिला एडीसीपी के साथ अभद्रता की। महिला एडीसीपी अपने बच्चे को दूध पिला रही थी। इसी दौरान यह घटना हुई। इस पर महिला अधिकारी ने बस को रुकवाया ओर मनचले को पुलिस के हवाले किए। आरोपी की पहचान बसीर उर्फ सूरज के रूप में हुई है। वह नशे की हालत में प्रतीत हो रहा था। उसे इस बात का अंदाजा भी नहीं था कि जिस महिला के साथ वह अभद्रता कर रहा है, वह पुलिस विभाग की वरिष्ठ अधिकारी हैं। पुलिस अधिकारी ने कंट्रोल रूम में फोन कर दी सूचनामहिला अधिकारी के मुताबिक वे अपने बच्चे के साथ कार में जा रही थी। उनके साथ एक ओर महिला भी थी। रास्ते में कार रोककर बच्चे को दूध पिला रही थी। इसी दौरान वहां से एक सीटी बस निकली। उसमें बैठे मनचले ने अश्लील इशारे किए। इस पर उन्होंने बस को रुकवाया। वहीं कंट्रोल रूम को फोन कर घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही रातानाडा थाना पुलिस हरकत में आई और मौके पर पहुंचकर आरोपी को हिरासत में ले लिया। पुलिस ने बताया कि आरोपी के खिलाफ शांतिभंग करने का मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया गया है। रातानाडा पुलिस थाना प्रभारी दिनेश लखावत ने बताया- सार्वजनिक स्थान पर अशोभनीय हरकत और कानून-व्यवस्था भंग करने की कोशिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बता दें कि महिला अधिकारी के विरोध करने पर आरोपी ने बहाने बताते हुए कहा कि वो गुटखा खा रहा था। कभी पागल बनने के बहाने भी किए।
नारायण स्वरूप हॉस्पिटल ने प्रयागराज के करछना स्थित बीके मेमोरियल पब्लिक स्कूल में रविवार, 22 फरवरी को एक निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया। इस शिविर में 250 से अधिक मरीजों को विभिन्न स्वास्थ्य समस्याओं के लिए विशेषज्ञ चिकित्सकों से निःशुल्क परामर्श और उपचार मिला। शिविर में जनरल सर्जरी, यूरोलॉजी, फेफड़ा रोग और स्त्री रोग सहित कई बीमारियों का इलाज किया गया। मरीजों को पथरी, पाइल्स, फिशर, फिस्टुला, प्रोस्टेट, हर्निया, अपेंडिक्स, गॉलब्लैडर स्टोन, गुर्दे की पथरी, सांस व फेफड़ा रोग, बच्चेदानी की गांठ व ट्यूमर जैसी समस्याओं पर परामर्श दिया गया। नारायण स्वरूप हॉस्पिटल के वरिष्ठ एडवांस लेप्रोस्कोपिक सर्जन डॉ. राजीव सिंह के नेतृत्व में डॉ. पुष्कर मिश्रा (जनरल सर्जन), डॉ. मोहम्मद तारीख (फेफड़ा रोग विशेषज्ञ), डॉ. वनिता ठाकुर (स्त्री रोग विशेषज्ञ) और डॉ. सोनिया सिंह (एडवांस्ड लेप्रोस्कोपिक गायनी सर्जन) ने मरीजों का उपचार किया। शिविर के दौरान लगभग 20 मरीजों में बवासीर (पाइल्स) की समस्या पाई गई, जिनका निःशुल्क इलाज किया गया। शुगर और खून की जांच भी निःशुल्क उपलब्ध थी। जांच में 5 मरीजों में कैंसर के संभावित लक्षण मिले, जिन्हें आगे की जांच और उपचार के लिए सलाह दी गई। 20 मरीजों को ऑपरेशन की आवश्यकता बताई गई और उन्हें 50% छूट पर इलाज की जानकारी दी गई। मरीजों को आयुष्मान भारत योजना के तहत निःशुल्क इलाज की जानकारी भी दी गई। इस अवसर पर क्षेत्रीय नागरिकों को वायु और जल प्रदूषण, व्यक्तिगत स्वच्छता, कैंसर के कारण और बचाव के उपायों पर जागरूक किया गया। इस आयोजन में पूर्व ब्लॉक प्रमुख बलराज सिंह, राजू भैया और पूर्व आईजी छविनाथ सिंह ने विशेष सहयोग किया। नारायण स्वरूप हॉस्पिटल ने भविष्य में भी ऐसे शिविर आयोजित करने का आश्वासन दिया है, ताकि आम जनता को समय पर उचित स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें और उन्हें स्वस्थ जीवनशैली के प्रति प्रेरित किया जा सके।
कुशीनगर के नेबुआ नौरंगिया थाना क्षेत्र में रविवार रात करीब 9:20 बजे एक स्कूल बस ओवरलोड गन्ना लदी ट्रैक्टर-ट्रॉली से टकरा गई। इस दुर्घटना में विद्यालय स्टाफ सहित छह लोग घायल हो गए। सभी घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। यह बस बिहार के सिवान स्थित मदर टेरेसा पब्लिक स्कूल की थी, जो छात्रों और स्टाफ सहित करीब 70 लोगों को नेपाल के शैक्षणिक भ्रमण से वापस ला रही थी। हादसा पडरौना-पनियहवा मार्ग पर लक्ष्मीपुर स्थित हिंदुस्तान पेट्रोल पंप के सामने हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सामने से आ रहे एक ऑटो को बचाने के प्रयास में बस चालक ने नियंत्रण खो दिया। इसके परिणामस्वरूप, बस आगे चल रही ओवरलोड गन्ना लदी ट्रॉली से जा टकराई। टक्कर इतनी भीषण थी कि बस का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। घायलों में आदित्य (9 वर्ष), मीरा शर्मा (52 वर्ष), हीरा देवी (48 वर्ष), मुन्ना मिश्रा (55 वर्ष), सोनी (14 वर्ष) और आदित्य (28 वर्ष) शामिल हैं। घटना के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। स्थानीय ग्रामीणों ने तत्काल राहत कार्य शुरू किया और घायलों को एम्बुलेंस व निजी वाहनों से सीएचसी कोटवा तथा पास के निजी अस्पताल पहुंचाया। सूचना मिलते ही प्रभारी निरीक्षक चंद्रभूषण प्रजापति पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस ने दोनों क्षतिग्रस्त वाहनों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। इलाज के बाद सभी छात्रों को दूसरी बस से सुरक्षित उनके घर भेज दिया गया। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से ओवरलोड वाहनों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है, क्योंकि कुशीनगर में ओवरलोड वाहनों के कारण पहले भी कई हादसे हो चुके हैं।
सोनीपत की फैक्ट्री में आग:फायर ब्रिगेड की 10 गाड़ियां पहुंची, लाखों रुपए के नुकसान का अनुमान
सोनीपत के गन्नौर में एक प्लास्टिक दाना फैक्ट्री में रविवार रात आग लग गई। सूचना मिलते ही सोनीपत, राई और आसपास के क्षेत्रों से फायर ब्रिगेड की 10 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग पर काबू पाने का प्रयास किया। औद्योगिक क्षेत्र फेज-2 स्थित श्री बालाजी इंटरप्राइजेज में प्लास्टिक सामग्री और अन्य ज्वलनशील पदार्थ मौजूद थे, जिस कारण आग भड़क गई। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि साथ लगती फैक्ट्री भी इसकी चपेट में आ गई। हालांकि, फायर ब्रिगेड कर्मियों की तत्परता से वहां आग को तुरंत नियंत्रित कर लिया गया, जिससे बड़ा नुकसान होने से बच गया। बताया गया है कि आगजनी की इस घटना में लाखों रुपए का नुकसान हुआ है। प्लास्टिक का कच्चा माल, तैयार माल और मशीनरी को भारी नुकसान पहुंचने की संभावना है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी। आग लगने के कारणों का अभी स्पष्ट पता नहीं चल पाया है। शॉर्ट सर्किट या अन्य तकनीकी कारणों की संभावना पर भी जांच की जा रही है। पुलिस और दमकल विभाग संयुक्त रूप से घटना के हर पहलू की जांच कर रहे हैं।
नईगढ़ी-गढ़ मार्ग पर ट्रक और कार की टक्कर:बर्रोहा मोड़ के पास हादसा, कार सवार सुरक्षित
मऊगंज जिले के नईगढ़ी थाना क्षेत्र में बर्रोहा मोड़ के पास रविवार देर शाम करीब 9.30 बजे एक सड़क हादसा हुआ। गढ़-मऊगंज मुख्य मार्ग पर एक ट्रक और कार की टक्कर हो गई। हादसे में कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई, लेकिन उसमें सवार दोनों लोग सुरक्षित बच गए। जानकारी के अनुसार, मऊगंज की ओर से आ रहे ट्रक (क्रमांक UP 70 FT 5169) ने गढ़ की दिशा से आ रही अर्टिगा कार (क्रमांक JH 05 EF 7883) को टक्कर मार दी। यह आमने-सामने की भिड़ंत बर्रोहा मोड़ पर हुई। कार में सवार दोनों युवक मऊगंज के छिपिया गांव के निवासी बताए गए हैं। हादसे के बाद मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने कार का दरवाजा खोलकर दोनों सवारों को सुरक्षित बाहर निकाला। किसी को गंभीर चोट नहीं आई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। सूचना मिलने पर नईगढ़ी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस ने दोनों वाहनों को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में हादसे का कारण मोड़ पर तेज रफ्तार और लापरवाही को माना जा रहा है। हादसे की तस्वीरें…
बाराबंकी के सिरौलीगौसपुर तहसील क्षेत्र की ग्राम पंचायत शहरी में रविवार शाम एक सांड के हमले में 60 वर्षीय किसान रमजान की मौत हो गई। इस घटना में उनका 40 वर्षीय पुत्र सब्बू गंभीर रूप से घायल हो गया। रमजान रविवार शाम करीब छह बजे अपने गेहूं के खेत से घर लौट रहे थे। वह खेत की रखवाली कर रहे थे, क्योंकि फसल पककर तैयार थी। इसी दौरान रास्ते में एक आवारा सांड ने उन पर हमला कर दिया। सांड ने रमजान को सींगों से उठाकर कई बार जमीन पर पटका, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं पिता की चीख-पुकार सुनकर पुत्र सब्बू उन्हें बचाने दौड़ा। सांड ने उस पर भी हमला कर दिया। सब्बू ने बताया कि जब वह लाठी-डंडा लेकर सांड को भगाने की कोशिश कर रहा था, तभी सांड ने उसे भी उठाकर पटक दिया। सब्बू के गर्दन और पेट में गंभीर चोटें आई हैं। स्थानीय लोगों ने मिलकर सांड को मौके से भगाया और दोनों घायलों को संयुक्त चिकित्सालय सिरौलीगौसपुर पहुंचाया। अस्पताल में चिकित्सकों ने रमजान को मृत घोषित कर दिया, जबकि सब्बू का उपचार चल रहा है। घटना की सूचना मिलने पर कोतवाली बदोसराय पुलिस और नायब तहसीलदार दिनेश कुमार पांडे अस्पताल पहुंचे। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मृतक रमजान के भाई अली हुसैन ने बताया कि रमजान पांच भाइयों में सबसे बड़े थे। उनकी पत्नी का दो वर्ष पूर्व निधन हो चुका था। उनके तीन बेटे और तीन बेटियां हैं, जिनमें से एक बेटे की शादी अभी बाकी है।
बिलासपुर में दिल्ली में आयोजित एआई समिट के दौरान युवक कांग्रेस के प्रदर्शन के विरोध में जिला भाजपा महिला मोर्चा ने सड़क पर उतरकर प्रदर्शन किया। महिला नेत्रियों ने राहुल गांधी पर गंभीर आरोप लगाए और कांग्रेस पार्टी की आलोचना की। प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष स्नेहलता शर्मा ने किया। महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष स्नेहलता शर्मा ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी के निर्देश पर युवक कांग्रेस द्वारा किया गया नग्न प्रदर्शन न केवल अमर्यादित है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय पटल पर भारत की छवि को धूमिल करने की एक सोची-समझी साजिश का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि इस शर्मनाक प्रदर्शन से यह स्पष्ट हो गया है कि कांग्रेस का एजेंडा देश के विकास में बाधा डालना और भारत के बढ़ते वैश्विक प्रभाव को कम करना है। भाजयुमो की प्रदेश उपाध्यक्ष पुनीता डहरिया ने इस प्रदर्शन को कांग्रेस के राष्ट्र विरोधी रवैये का प्रमाण बताया। उन्होंने कहा कि भारत आज तकनीक और नवाचार के क्षेत्र में विश्व में नेतृत्व कर रहा है। महिला मोर्चा के इस विरोध प्रदर्शन में सीमा यादव, सुमन द्विवेदी, रीता भामरा, किरण सिंह, अंजना देवांगना, ज्योत्सना मिश्रा, लोकेश्वरी राठौर, योगिता सिंह, माया पमनानी और वंदना सहित कई कार्यकर्ता शामिल थीं।
सीतापुर के मिश्रिख थाना क्षेत्र के उत्तरधौना गांव के पास रविवार शाम एक तेज रफ्तार डाला ने मां-बेटे को टक्कर मार दी। इस हादसे में 70 वर्षीय शांति देवी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनके 45 वर्षीय पुत्र बाबूलाल गंभीर रूप से घायल हो गए। ग्रामीणों के अनुसार, उत्तरधौना, मिश्रिख निवासी शांति देवी पत्नी सोहन लाल और उनके बेटे बाबूलाल खेत से लौट रहे थे, तभी यह घटना हुई। टक्कर मारने के बाद डाला चालक वाहन सहित मौके से फरार हो गया। घटना से आक्रोशित स्थानीय ग्रामीणों ने सड़क पर जाम लगा दिया, जिससे लगभग 30 मिनट तक यातायात बाधित रहा। सूचना मिलने पर कोतवाली मिश्रिख प्रभारी प्रदीप सिंह पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझा-बुझाकर जाम खुलवाया। शव को कब्जे में लेकर पुलिस ने अज्ञात वाहन और उसके चालक की तलाश शुरू कर दी है। घायल बाबूलाल का अस्पताल में उपचार जारी है।
जांजगीर-चांपा जिले के कोटमीसोनार गांव में घर में घुसकर तोड़फोड़ और मारपीट के मामले में एक महिला सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है। इस घटना में एक नाबालिग भी शामिल है, जिसे बाल सुधार गृह भेजा गया है। यह मामला कोटमी सोनार पुलिस सहायता केंद्र चौकी से संबंधित है। जानकारी के अनुसार, यह घटना 8 फरवरी की रात करीब 9:30 बजे हुई। पीड़ित शुभम यादव के घर विजय कुमार केवट अपने कुछ साथियों के साथ पहुंचा। आरोपियों ने शुभम पर एक लड़की से फोन पर बात करने का शक जताते हुए रंजिशवश उसके साथ मारपीट की। उन्होंने घर के सामानों को भी तोड़ दिया। मारपीट में शुभम यादव को चोटें आई। जब उसकी मां बीच-बचाव करने आई, तो उनके साथ भी मारपीट की गई और जान से मारने की धमकी दी गई। घटना के बाद, कोटमी सोनार पुलिस सहायता केंद्र चौकी में मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने जांच शुरू की और आरोपियों को उनके घर से हिरासत में लिया। पूछताछ के दौरान, आरोपियों ने मारपीट की घटना को अंजाम देने की बात स्वीकार की। इस प्रकरण में शामिल नाबालिग बालक को कोरबा स्थित बाल सुधार गृह भेज दिया गया है। वहीं, महिला सहित चार अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
BBAU में नेशनल मूट कोर्ट इवेंट का फाइनल राउंड:हाईकोर्ट के तीन जज रहे मौजूद, जबलपुर की टीम बनी विजेता
BBAU में रविवार को राष्ट्रीय मूट कोर्ट प्रतियोगिता का फाइनल राउंड हुआ। फाइनल राउंड की अध्यक्षता हाईकोर्ट जज न्यायमूर्ति सैयद कमर हसन रिज़वी, न्यायमूर्ति उमेश चन्द्र शर्मा और न्यायमूर्ति महेंद्र दयाल ने की। इस दौरान विधिक समझ, शोध क्षमता, तर्कशक्ति और कोर्ट प्रेजेंटेशन का मूल्यांकन किया गया। फाइनल चरण में पहुंची टीमों ने अभियोजन और बचाव पक्ष के रूप में गहन अध्ययन और मजबूत कानूनी तर्कों के साथ अपना पक्ष रखा। जबलपुर की धर्मशास्त्र राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय की टीम विजेता बनी। जबकि सिंबायोसिस लॉ कॉलेज की टीम रनर अप रविधि महाविद्यालय, नागपुर की टीम उपविजेता रही। इस टीम को मिले रिसर्च से जुड़े अवॉर्ड रिसर्च कैटेगरी में दो प्रतिभागियों के समान अंक होने के कारण एशियन लॉ कॉलेज, नोएडा और सिंबायोसिस विधि महाविद्यालय, पुणे के शोधकर्ताओं को संयुक्त रूप से ‘सर्वश्रेष्ठ शोधकर्ता’ का पुरस्कार दिया गया। ‘सर्वश्रेष्ठ वक्ता’ का पुरस्कार स्कूल ऑफ लॉ, क्राइस्ट (डीम्ड टू बी यूनिवर्सिटी), बेंगलुरु के प्रतिभागी को प्रदान किया गया। ‘सर्वश्रेष्ठ मेमोरियल’ का पुरस्कार सिंबायोसिस विधि महाविद्यालय, नागपुर को मिला। आयोजन में रहा व्यापक सहयोग प्रतियोगिता के पुरस्कारों के लिए विभिन्न विधि विशेषज्ञों और पेशेवरों का सहयोग प्राप्त हुआ। आयोजन को सफल बनाने में इस दौरान विधि विभाग के डीन प्रो.संजीव चड्ढा, विभागाध्यक्ष प्रो. सुदर्शन वर्मा के अलावा डॉ. विष्णुपति त्रिपाठी, डॉ. बृजेश कुमार यादव, डॉ. खुशनुमा बानो, गार्गी वोहरा समेत कई शिक्षक मौजूद रहे। विधिक प्रतिभा को मिला राष्ट्रीय मंच प्रभारी कुलपति प्रो.सुनीता मिश्रा ने बताया कि इस प्रतियोगिता से विधि छात्रों की शोध क्षमता, तार्किक सोच और न्यायालयीन प्रस्तुतीकरण कौशल को निखारने का मौका मिला।
राजधानी के न्यू मार्केट में रविवार को ‘संकल्प दिवस’ के अवसर पर जम्मू कश्मीर अध्ययन केंद्र, मध्यप्रदेश की भोपाल इकाई ने हस्ताक्षर अभियान चलाया। अभियान में बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं और नागरिकों ने भाग लेकर राष्ट्र की अखंडता के समर्थन में हस्ताक्षर किए।अभियान के दौरान आम नागरिकों को जम्मू कश्मीर और लद्दाख के भारतीय क्षेत्रों पर चीन और पाकिस्तान के अवैध कब्जे के विषय में जानकारी दी गई। साथ ही 22 फरवरी 1994 को भारतीय संसद द्वारा पारित सर्वसम्मत संकल्प का उल्लेख करते हुए उसके ऐतिहासिक महत्व से अवगत कराया गया। कार्यक्रम में भरत शर्मा, गीत धीर, डॉ. दीपक द्विवेदी, शशांक जैन, विभोर श्रीवास्तव, डॉ. जितेंद्र गुप्ता, डॉ. आर. डी. माण्डवकर और आदर्श कुमार सहित कई नागरिक मौजूद रहे। उपस्थित लोगों ने कहा कि संसद का संकल्प केवल दस्तावेज नहीं, बल्कि राष्ट्रीय स्वाभिमान का प्रतीक है।केंद्र के मध्यप्रदेश संयोजक डॉ. विश्वास चौहान ने बताया कि यह अभियान एक सप्ताह तक चलेगा। इसके अंतर्गत प्रदेश के सभी सांसदों को संसद के ऐतिहासिक प्रस्ताव का स्मरण कराया जाएगा। साथ ही विभिन्न कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में व्याख्यान व संवाद कार्यक्रम आयोजित कर युवाओं को विषय की ऐतिहासिक, संवैधानिक और सामरिक पृष्ठभूमि से जोड़ा जाएगा।
प्रार्थना सभा में हंगामा, धर्म परिवर्तन का आरोप:लखीमपुर में आयोजक समेत कई हिरासत में, मुकदमा दर्ज
लखीमपुर खीरी जिले के मैगलगंज कस्बे में रविवार दोपहर एक मकान में चल रही ईसाई समाज की प्रार्थना सभा के दौरान हंगामा हुआ। हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं ने मौके पर पहुंचकर धर्म परिवर्तन कराए जाने का आरोप लगाते हुए विरोध प्रदर्शन किया। यह घटना मढिया घाट रोड स्थित एक मकान में हुई, जहां 200 से अधिक लोग प्रार्थना सभा में मौजूद थे। कार्यक्रम की सूचना मिलने पर विभिन्न हिंदू संगठनों से जुड़े युवक वहां पहुंचे और सभा में धर्म परिवर्तन कराने का आरोप लगाते हुए विरोध शुरू कर दिया। हंगामे की सूचना पर मैगलगंज पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने प्रार्थना सभा के आयोजक सहित कई लोगों को हिरासत में लेकर थाने पहुंचाया, जहां उनसे पूछताछ की गई। सीओ मितौली यदुवेन्द्र यादव ने बताया कि धर्म परिवर्तन की सूचना मिलने पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची थी। सभी को थाने लाकर जांच पड़ताल की गई और मौके पर पाई गई चीजों वस्तुओं के आधार पर आरोप सही पाए जाने पर सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई की जा रही है
शहर के फूलबाग स्थित यूनियन क्लब में रविवार को राजस्थान की सतरंगी छटा बिखरी नजर आई। मारवाड़ी प्रवासी मंडल द्वारा आयोजित राजस्थानी पारिवारिक होली मिलन समारोह में परंपरा, उत्साह और उल्लास का अनूठा संगम देखने को मिला। चंग की थाप और फाग गीतों की गूंज के बीच प्रवासी राजस्थानियों ने अपनी मिट्टी की खुशबू को महसूस किया और एक-दूसरे को गुलाल लगाकर होली की शुभकामनाएं दीं। समारोह का मुख्य आकर्षण राजस्थान के सुप्रसिद्ध अंतरराष्ट्रीय कलाकार हिमांशु बन्ना और उनकी पार्टी की प्रस्तुति रही। जैसे ही हिमांशु बन्ना ने मंच संभाला, पूरा हॉल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। उन्होंने राजस्थानी लोक संस्कृति को जीवंत करते हुए पारंपरिक लोकगीतों पर नृत्य की ऐसी शानदार प्रस्तुति दी कि उपस्थित लोग मंत्रमुग्ध हो गए। मारवाड़ की लोक गायकी और नृत्य शैली ने कानपुर के हृदय स्थल में राजस्थान का मिनी स्वरूप जीवंत कर दिया। कार्यक्रम में संगीत का जादू कुछ ऐसा चला कि लोग अपनी कुर्सियों से उठकर थिरकने को मजबूर हो गए। 'फागण आयो रे घर आयो बालम रसिया रे...'जैसे गीतों ने माहौल में मस्ती भर दी, तो वहीं 'सुण बागां री मोरनी, सूरत थारी सोवणी...'पर कलाकारों के भावपूर्ण नृत्य ने सभी का मन मोह लिया। कलाकारों ने 'मत चूको फागण में होली का मजा ले लो' समेत कई लोकप्रिय राजस्थानी फाग गीतों की झड़ी लगा दी, जिस पर प्रवासी समाज के युवाओं से लेकर बुजुर्गों तक ने जमकर नृत्य किया। मारवाड़ी प्रवासी मंडल के पदाधिकारियों ने बताया कि,इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जुड़े रहना और नई पीढ़ी को राजस्थानी लोक परंपराओं से रूबरू कराना है। यूनियन क्लब में आयोजित इस मिलन समारोह में महिलाओं और बच्चों में विशेष उत्साह देखा गया। पारंपरिक वेशभूषा में सजे लोगों ने राजस्थानी व्यंजनों का आनंद लिया और देर शाम तक चंग की थाप पर होली के गीतों का सिलसिला चलता रहा। वही,कार्यक्रम के अंत मे सभी ने एक-दूसरे को गले मिलकर भाईचारे और सद्भाव का संदेश दिया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नमो भारत और मेरठ मेट्रो का शुभारंभ किया। शाम 6 बजे से शहरवासियों के लिए स्टेशन के द्वार खोल दिए गए, जिसके बाद यात्रियों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। शहरवासी इस ऐतिहासिक पल को अपने मोबाइल कैमरों में कैद करते दिखे। कई यात्रियों और इनफ्लुएंसरों ने वीडियो बनाए, जिसमें उन्होंने कहा कि मेरठ में मेट्रो का सपना साकार हो गया है। अब तक दिल्ली जाकर मेट्रो का सफर करते थे, लेकिन अब मेरठ को भी मेट्रो सिटी का दर्जा मिल गया है। पहले दिन यात्रा करने वालों में विजय अरोड़ा और उनकी पत्नी शालिनी अरोड़ा भी शामिल थे। उन्होंने बताया कि शाम 6 बजे जैसे ही मेट्रो के द्वार खुले, उन्होंने तुरंत टिकट लिया और मेरठ साउथ तक मेट्रो का सफर किया। वहां से उन्होंने नमो भारत ट्रेन से सराय काले खां तक की यात्रा की। बेगमपुल स्टेशन पहुंचने पर विजय अरोड़ा ने अपने सफर को सुहावना बताया। उन्होंने यह भी कहा कि मेट्रो सेवा से बच्चों के लिए रोजगार के नए द्वार खुल गए हैं। अब उन्हें दिल्ली में रहने की आवश्यकता नहीं होगी, वे दिल्ली में नौकरी करके आसानी से अप-डाउन कर सकते हैं। अब दिल्ली में परीक्षा की तैयारी करनी होगी आसान अपने परिवार के साथ पहुंची छात्रा राशि गोयल ने बताया कि भविष्य में जब वह कॉलेज में दाखिला लेंगी या दिल्ली के किसी संस्थान से तैयारी करेंगी, तो मेट्रो से सफर बहुत आसान हो जाएगा। उन्हें दिल्ली में रहने की जरूरत नहीं पड़ेगी और समय की भी बचत होगी। पहले दिन नमो भारत और मेट्रो के प्रति शहरवासियों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। कई परिवार सफर करने पहुंचे, हालांकि अत्यधिक भीड़ के कारण कुछ परिवारों को बिना यात्रा किए वापस भी लौटना पड़ा। शहर वासियों की शाम 5:00 बजे से भीड़ एकत्र होनी शुरू हो गई थी। मेट्रो के द्वार खुलते ही टिकट लेने के लिए लोगों की भीड़ लगने लगी। पहले दिन व्यवस्था संभालने के लिए एसएसएफ के जवानों को भी मशक्कत करनी पड़ी। हालांकि उन्होंने अनाउंसमेंट करके लोगों को शांत भी किया।
जानकीघाट स्थित दर्शन भवन मंदिर में ठाकुर जानकी जीवन सरकार का 18वां प्राकट्योत्सव श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। मंदिर के महंत डॉ. ममता शास्त्री के संयोजन में आयोजित इस महोत्सव में सांध्य बेला पर ठाकुर श्री जानकी जीवन सरकार को भव्य फूल बंगले में विराजमान कराया गया। कोलकाता, हैदराबाद, देहरादून, वाराणसी एवं अयोध्या से मंगाए गए क्विंटलों सुगंधित पुष्पों से मंदिर परिसर को आकर्षक ढंग से सजाया गया। रंग-बिरंगे पुष्पों की अनुपम छटा ने श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। भक्ति गीतों और जयकारों से वातावरण देर रात तक गुंजायमान रहा।महोत्सव के अंतिम दिन प्रातः नर्मदेश्वर भगवान शिव का विधिवत अभिषेक किया गया। इसके उपरांत श्री विश्वनाथ गौ सेवा दर्शन मंदिर में गौ माता का विशेष पूजन-अर्चन और दिव्य आरती संपन्न हुई। धार्मिक अनुष्ठानों के क्रम में ठाकुर जी को छप्पन भोग निवेदित किया गया। जेवनार गायन के बाद अयोध्या के संतों-महंतों को प्रसाद ग्रहण कराया गया। गुरुदेव, पूर्व सांसद महंत विश्वनाथ दास शास्त्री ने नवीन स्वरूप प्रदान कियामहंत डॉ. ममता शास्त्री ने बताया कि ठाकुर जानकी जीवन सरकार का विग्रह रामानंदाचार्य परंपरा से गौरवान्वित है, जिसे उनके गुरुदेव, पूर्व सांसद महंत विश्वनाथ दास शास्त्री ने नवीन स्वरूप प्रदान किया। उन्होंने कहा कि गुरुदेव ने श्रीराम मंदिर आंदोलन में अग्रणी भूमिका निभाई थी और मंदिर परिसर में ही आंदोलन की रणनीतियां तैयार होती थीं। आज अयोध्या में प्रभु श्रीराम भव्य मंदिर में विराजमान हैं और प्रतिदिन लाखों श्रद्धालु दर्शन कर रहे हैं, इसमें गुरुदेव का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा है। प्राकट्योत्सव पर नाका हनुमानगढ़ी के महंत रामदास, महंत शशिकांत दास, महंत मनीष दास, नंद कुमार मिश्र ‘पेड़ा’, एमबी दास, राहुल सिंह और अंजनी गर्ग सहित सैकड़ों संत-महंतों ने दर्शन-पूजन कर जेवनार में भाग लिया। सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता अशोक मिश्रा, विजय कुमार एवं चुलबुल ने अतिथियों का स्वागत-सत्कार किया।आयोजन ने रामनगरी की आध्यात्मिक परंपरा को पुनः जीवंत कर दिया।
गोरखपुर में सोमवार को बिजली शटडाउन:सुबह 11.00 बजे से शाम 03.00 बजे तक रहेगी कटौती
गोरखपुर में चल रहे रोड चौड़ीकरण और लाइन शिफ्टिंग कार्य को लेकर सोमवार को कई क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। विद्युत विभाग द्वारा निर्धारित समय के अनुसार संबंधित फीडर से जुड़े इलाकों में कुछ समय के लिए आपूर्ति बंद रखी जाएगी, जिससे उपभोक्ताओं को अस्थायी असुविधा हो सकती है। इन उपकेंद्रों से जुड़े उपभोक्ता होंगे प्रभावित विद्युत उपकेंद्र जुड़ियान और विद्युत उपकेंद्र सूरजकुंड से संचालित 11 केवी तिवारीपुर फीडर की विद्युत आपूर्ति सोमवार को सुबह 11.00 बजे से शाम 03.00 बजे तक बाधित रहेगी। इस दौरान फीडर से जुड़े आवासीय और व्यावसायिक क्षेत्रों में बिजली नहीं आएगी। विद्युत विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे निर्धारित समय को ध्यान में रखते हुए अपने जरूरी कार्य पहले ही निपटा लें और विभागीय कार्य में सहयोग करें, ताकि कार्य समय से पूरा हो सके।
बरेली में एक डंपर ने बाइक को टक्कर मार दी। इस हादसे में मां-बेटे की मौत हो गई, वहीं बाइक चला रहा पति गंभीर रूप से घायल हो गया। टक्कर के बाद बेटा पहिए के नीचे दब गया, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास मौजूद लोगों ने तत्काल पहुंचकर घायलों को उठाया। स्थानीय लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायल महिला और पति को अस्पताल के लिए रवाना कर दिया। सीएचसी पहुंचने पर चिकित्सकों ने महिला को मृत घोषित कर दिया। पति की हालत गंभीर होने पर उन्हे जिला अस्पताल रवाना कर दिया गया है। पढ़िए पूरी घटना… यह घटना रविवार शाम करीब 7 बजे हाफिजगंज क्षेत्र में कांडू पुल के पास हुआ। एक डम्पर ने बाइक सवारों को टक्कर मार दी। मृतकों की पहचान बारादरी थाना क्षेत्र के डोहरा निवासी किरन (28) और उसके दो वर्षीय बेटे श्रेयांश के रूप में हुई है। घायल पति रविंद्र (30) को गंभीर हालत में महानगर रेफर किया गया है। यह परिवार पीलीभीत के ग्राम खजुरी खेड़ा स्थित अपनी ससुराल जा रहा था। उसी समय कांडू पुल के पास पीछे से तेज गति से आ रहे डम्पर ने बाइक को टक्कर मार दी। आसपास मौजूद लोगों ने तत्काल पहुंचकर घायलों को उठाया। स्थानीय लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायल महिला और पति को अस्पताल के लिए रवाना कर दिया। सीएचसी पहुंचने पर चिकित्सकों ने महिला को मृत घोषित कर दिया। पति की हालत गंभीर होने पर उन्हे जिला अस्पताल रवाना कर दिया गया है।टक्कर इतनी भीषण थी कि श्रेयांश डम्पर के पहिए के नीचे कुचल गया और उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया। गंभीर रूप से घायल किरन और रविंद्र को एम्बुलेंस से नगर की सीएचसी लाया गया। वहां चिकित्सकों ने किरन को भी मृत घोषित कर दिया। रविंद्र की हालत गंभीर बनी हुई है, जिसके चलते उसे बेहतर इलाज के लिए महानगर रेफर किया गया है। महिला और शिशु के शव सीएचसी पर ही रखे हुए थे। हाफिजगंज पुलिस शवों का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेजने की तैयारी कर रही थी। वहीं, परिजन घायल रविंद्र को उपचार के लिए महानगर ले गए थे।
गोरखपुर में 159 साल बाद नई वेदी हुई स्थापित:सेंट जॉन चर्च में विशेष आराधना के साथ हुआ समर्पण
गोरखपुर के बशरतपुर स्थित सेंट जॉन चर्च में 159 साल बाद पवित्र वेदी (अल्टर) का स्वरूप बदलते हुए नई स्थायी वेदी स्थापित की गई। डायसिस ऑफ लखनऊ के अंतर्गत आने वाले चर्च में सहारनपुर से प्रतिनिधिमंडल विशेष रूप से तैयार वेदी लेकर पहुंचा। सुंदर वुडकार्निंग और बेहतरीन फिनिशिंग से बनी यह वेदी चर्च की आस्था और आराधना का प्रमुख केंद्र मानी जाती है। नई वेदी की स्थापना से पहले कलीसिया की ओर से लगातार दो रात चैन प्रेयर किया गया। रविवार सुबह विशेष आराधना के दौरान प्रभु की उपस्थिति में वेदी को विधिवत समर्पित किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे और पूरे परिसर में श्रद्धा का वातावरण बना रहा। 1857 के गदर के बाद अब मिली स्थायी वेदी पादरी रोशन लाल ने कहा कि वेदी परमेश्वर का हृदय होती है और कलीसिया के आध्यात्मिक जीवन का केंद्र है। उन्होंने बताया कि 1857 के गदर के दौरान चर्च के घंटा और वेदी को नुकसान पहुंचा था। लंबे इंतजार के बाद अब स्थायी वेदी स्थापित होने से कलीसिया के लिए यह महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक अवसर है। श्रद्धालुओं और कमेटी सदस्यों की रही मौजूदगी वीपी अलेक्जेंडर ने बताया कि इस अवसर पर पादरी रोशन लाल, बरेला बेंजमिन, ग्लैड दान, अमित रॉबर्ट, ज्योत्सना कश्यप, पीसी क्लिफर्ड, जेएच पार्कर, विनोद जोशुआ, मुकेश पावेल, वेलमा थॉमस सहित पेस्ट्रेट कमेटी के सदस्य मौजूद रहे। श्रद्धालुओं ने इस खास पल को अपने मोबाइल में कैद किया।
ग्लोबल साउथ यंग डिप्लोमेट्स फोरम का 43 सदस्यीय अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधिमंडल रविवार को उज्जैन पहुंचा। इस दल ने श्री महाकालेश्वर मंदिर में भगवान महाकालेश्वर के दर्शन किए। यह दौरा विदेश मंत्रालय के अधीन सुषमा स्वराज विदेश सेवा संस्थान द्वारा आयोजित किया था। प्रतिनिधिमंडल ने विश्वविख्यात ज्योतिर्लिंग के दर्शन कर लाभ प्राप्त किया। मंदिर परिसर में पहुंचने पर मंदिर प्रबंध समिति की ओर से इंजीनियर शिवाकांत पांडे ने अतिथियों का पुष्पमालाओं और स्मृति चिह्न भेंट कर स्वागत किया। उन्होंने प्रतिनिधिमंडल को मंदिर की प्राचीनता, धार्मिक, आध्यात्मिक और ऐतिहासिक महत्ता से अवगत कराया। अतिथियों को बताया गया कि उज्जैन स्थित यह ज्योतिर्लिंग देश-विदेश में आस्था का प्रमुख केंद्र है। उन्हें मंदिर प्रबंध समिति द्वारा संचालित सुव्यवस्थित दर्शन व्यवस्था, सुरक्षा प्रबंधन और श्रद्धालुओं की सुविधाओं से जुड़ी विस्तृत जानकारी भी दी गई। इस दौरान एक विदेशी नागरिक ने मंदिर की व्यवस्थाओं की सराहना की। उन्होंने कहा कि उन्हें भगवान शिव के बारे में बहुत कुछ जानने को मिला और यह एक अच्छा अनुभव रहा। उन्होंने भारत सरकार को धन्यवाद देते हुए यहां की कलाकृतियों की भी प्रशंसा की। अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधियों ने मंदिर की भव्यता और आध्यात्मिक वातावरण की सराहना करते हुए इसे भारतीय सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण प्रतीक बताया। इस दौरे को सांस्कृतिक आदान-प्रदान और भारत की आध्यात्मिक धरोहर को वैश्विक मंच पर प्रस्तुत करने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
कानपुर में डेंटल टेक्नीशियन ने की आत्महत्या:पत्नी के घर लौटने पर चला पता, पुलिस जांच में जुटी
कानपुर के कल्याणपुर में डेंटल टेक्निशियन ने देर शाम फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। ज़ब पत्नी शादी समारोह से वापस घर लौटी तो दरवाजा अंदर से बंद था। पड़ोसी छत के रास्ते अंदर दाखिल हुए और कमरे का दरवाजा खोलकर देखा तो युवक का शव फंदे से पंखे के सहारे लटका देख सभी के होश उड़ गए। सूचना पर पहुंची पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने घटना की जाँच पड़ताल कर शव को पोस्टमार्टम के लिये भेज दिया। पत्नी गई थी शादी समारोह में पति ने लगा ली फांसी कल्याणपुर थाना क्षेत्र के लवकुश पुरम निवासी मधुकर रंजन (36) डेंटल टेक्नीशियन है। परिवार में पिता राधेश्याम व माँ है। मधुकर रंजन अपनी पत्नी निशा के साथ रहते है बेटी इंदु नवोदय में पढ़ती है। पत्नी निशा ने बताया की वह शनिवार को एक शादी समारोह में शामिल होने गई थी। पति से भी चलने को कहा था। मगर उन्होंने देर रात को दुकान बंद आने की बात कही ज़ब रात को फोनकर आने की बात पूछी तो उन्होंने आने से मना कर दिया। दोपहर में उन्होंने फोनकर बात की इसके बाद से उनका फोन नहीं उठा कई बार फोन करने पर भी कोई जवाब नहीं मिला तो वह देर शाम करीब 6 बजे घर पहुंची तो गेट अंदर से बंद था। काफ़ी देर तक दरवाजा खटकाने के बाद भी ज़ब आवाज नहीं आई तो पड़ोसियों को सूचना दी। पड़ोसी छत के रास्ते अंदर दाखिल हुए और दरवाजा खोलकर अंदर दाखिल हुए तो पति का शव फंदे से लटकता देख सभी के होश उड़ गए। आनन फानन में 112 नंबर डायल कर घटना की सूचना पुलिस को दी। जानकारी मिलते कल्याणपुर थाने का फ़ोर्स और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और घटना की जाँच पड़ताल कर शव को पोस्टमार्टम के लिये भेज दिया। कल्याणपुर थाना प्रभारी ने बताया की 112 के माध्यम से सूचना प्राप्त हुई थी। पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची थी। आत्महत्या की वजह पता नहीं चल पाई है शव को पोस्टमार्टम भेजकर अन्य विधि कार्रवाई की जा रही है।
बिजनौर के मंडावर में देर शाम एक आवारा कुत्ते ने एक बच्चे पर हमला कर दिया। बच्चे को बचाने पहुंचे उसके पिता भी कुत्ते के हमले में गंभीर रूप से घायल हो गए। घायल पिता को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। यह घटना मंडावर के मोहल्ला फराशटोली की है। मोहल्ला निवासी वकार अहमद अपने पुत्र जैद के साथ किराना स्टोर से कुछ सामान लेने जा रहे थे। इसी दौरान अचानक एक आवारा कुत्ते ने जैद पर हमला कर दिया। बेटे पर हमला होते देख वकार अहमद उसे बचाने के लिए कुत्ते से भिड़ गए। कुत्ते ने वकार पर भी हमला कर दिया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। मोहल्लेवासियों ने तत्काल 108 एम्बुलेंस की मदद से घायल वकार को मंडावर के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में आवारा कुत्तों के आतंक को लेकर रोष है। उन्होंने प्रशासन से जल्द से जल्द आवारा कुत्तों को पकड़ने की मांग की है। स्थानीय लोगों ने बताया कि नगर पंचायत मंडावर ने हाल ही में आवारा कुत्तों को पकड़ने के लिए एक अभियान चलाया था, लेकिन इसका कोई खास परिणाम सामने नहीं आया है। उन्होंने नगर पंचायत से इस समस्या का स्थायी समाधान करने की अपील की है।
हरियाणा के हिसार जिले में रविवार देर शाम एक प्रॉपर्टी डीलर की हत्या कर दी गई। 60 वर्षीय कलम सिंह ने दिल्ली रोड पर हो रही मारपीट को रोकने का प्रयास किया था, जिसके बाद नशे में धुत हमलावरों ने उन पर चाकू से हमला कर दिया। यह घटना दिल्ली रोड से 9-11 सेक्टर की ओर जाने वाली सड़क पर हुई। तीन युवक एक अन्य व्यक्ति की पिटाई कर रहे थे, तभी प्रॉपर्टी डीलर कलम सिंह वहां पहुंचे और बीच-बचाव करने लगे। आरोप है कि हमलावर नशे की हालत में थे और उन्होंने उस युवक को छोड़कर कलम सिंह पर ही तेजधार हथियार से हमला कर दिया। गले और सीने पर किए वार प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हमलावरों ने कलम सिंह के गले और सिने पर कई वार किए। इस अचानक हमले से मौके पर अफरा-तफरी मच गई। लोगों की भीड़ जुटने पर दो आरोपी बुलेट मोटरसाइकिल पर सवार होकर फरार हो गए। घायल कलम सिंह मौके पर ही मौत हो गई। राहगीर उसे तुरंत एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। रियल एस्टेट कार्यालय चलाते थे कलम जानकारी के अनुसार, हमलावर मच्छी मार्केट क्षेत्र से नशे की हालत में 9-11 सेक्टर की ओर आए थे। लाडवा निवासी कलम सिंह, जो पास में ही 'अमन प्रॉपर्टी डीलर' नाम से रियल एस्टेट कार्यालय चलाते थे, मारपीट देखकर बीच-बचाव करने पहुंचे थे। मृतक कलम सिंह मूल रूप से लाडवा के रहने वाले थे और वर्तमान में हिसार की दयानंद कॉलोनी में रह रहे थे। घटना की सूचना मिलते ही अर्बन स्टेट थाना पुलिस और सीआईए टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल के पास से एक संदिग्ध युवक को हिरासत में लिया है और उससे पूछताछ जारी है। अन्य आरोपियों की तलाश में छापेमारी की जा रही है।
राजस्थान के कोटा में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर हुए एक सड़क हादसे में चार लोगों की मौत हो गई। यह दुर्घटना तब हुई जब एक तेज रफ्तार कार आगे चल रहे ट्रक से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार में सवार सभी चारों लोगों की मौके पर ही मृत्यु हो गई। मृतकों में कानपुर देहात की रूरा नगर पंचायत के तीन युवक शामिल थे। उनकी पहचान प्रांजल चतुर्वेदी, श्रेष्ठ बाजपेयी और अंकुश दुबे के रूप में हुई है। ये तीनों आपस में गहरे दोस्त थे। रामनगर वार्ड नंबर तीन, रूरा निवासी प्रांजल चतुर्वेदी (पुत्र लल्ला चतुर्वेदी) मूल रूप से डेरापुर क्षेत्र के बिजहारा गांव के रहने वाले थे। वे पिछले 15-20 वर्षों से रूरा में रह रहे थे। दो वर्ष पूर्व उनकी शादी रूरा के सुभाष नगर निवासी राम खिलावन पांडे की पुत्री आरोही से हुई थी। दो माह पहले ही उनके घर पुत्र का जन्म हुआ था। प्रांजल तीन बहनों में इकलौते भाई थे और वाहन चलाने का काम करते थे। उन्नीस वर्षीय श्रेष्ठ बाजपेयी, जिन्हें घर पर राम बाजपेयी भी कहा जाता था, बजरंगनगर रूरा के निवासी थे। उनके पिता अनूपम बाजपेयी एक निजी विद्यालय संचालित करते हैं। श्रेष्ठ पिछले तीन वर्षों से बाहर रहकर पढ़ाई कर रहे थे और अपने दो भाइयों में सबसे बड़े थे। मड़ौली गांव के मूल निवासी अंकुश दुबे रूरा के पालीवाल नगर में किराए के मकान में रहते थे। उनके पिता बिंदु दुबे समाजवादी पार्टी के नेता के ड्राइवर हैं। अंकुश के परिवार में एक बड़ा भाई आदित्य भी है। ये तीनों युवक गहरे दोस्त थे और अक्सर साथ घूमने जाते थे। बताया जा रहा है कि इस बार भी वे घूमने के लिए ही निकले थे, जब कोटा में यह दुर्घटना हुई। घटना की सूचना रूरा पहुंचते ही पूरे कस्बे में गम का माहौल छा गया।
RSS जिला संपर्क प्रमुख के पिता का निधन:संभल के बबराला में शोक, कल राजघाट गंगा पर अंतिम संस्कार होगा
संभल में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के जिला संपर्क प्रमुख जगदीप वार्ष्णेय के पिता दुर्गा प्रसाद वार्ष्णेय का रविवार को हृदयाघात से निधन हो गया। वह 82 वर्ष के थे और लंबे समय से बीमार चल रहे थे। उनका निधन संभल जनपद की तहसील गुन्नौर के नगर पंचायत बबराला कस्बा स्थित राजघाट रोड, इंद्रा चौक स्थित उनके आवास पर हुआ। दुर्गा प्रसाद वार्ष्णेय के निधन की सूचना मिलते ही क्षेत्र में शोक व्याप्त हो गया। संघ के जिला प्रचारक दीपक, जिला कार्यभार डॉ. राजकुमार वैदिक, जिला शारीरिक शिक्षा प्रमुख हरि गोविंद, खंड कार्यवाह ऋषभ, भाजपा मंडल अध्यक्ष योगेंद्र यादव, नगर पंचायत बीजेपी चेयरमैन हर्षवर्धन वार्ष्णेय और व्यापार मंडल अध्यक्ष राकेश संभाली सहित कई गणमान्य व्यक्तियों ने उनके घर पहुंचकर शोक संवेदना व्यक्त की। जगदीप वार्ष्णेय वर्ष 2016 से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के जिला संपर्क प्रमुख के रूप में कार्यरत हैं। उनके परिवार की संघ पृष्ठभूमि रही है। मृतक दुर्गा प्रसाद वार्ष्णेय के चार पुत्र हैं। इनमें जगदीप और दिलीप व्यवसायी हैं, जबकि दो अन्य पुत्र रेलवे विभाग में कार्यरत हैं। बड़े बेटे प्रदीप की पोस्टिंग भारतीय रेलवे के बनारस रेलखाने में है, और छोटे बेटे कुलदीप गोरखपुर रेलवे में शिक्षक हैं। बेटे जगदीप वार्ष्णेय ने बताया कि उनके दो भाई रेलवे विभाग में कार्यरत हैं, जिनके पहुंचने में देरी के कारण अंतिम संस्कार सोमवार सुबह किया जाएगा। दुर्गा प्रसाद वार्ष्णेय का अंतिम संस्कार सोमवार सुबह राजघाट गंगा घाट पर संपन्न होगा। अंतिम संस्कार यात्रा में क्षेत्रीय अध्यक्ष दुर्विजय सिंह शाक्य, पूर्व मंत्री बदायूं विधायक महेश चंद्र गुप्ता, पूर्व मंत्री अजीत कुमार राजू, पश्चिमी क्षेत्रीय उपाध्यक्ष राजेश सिंघल और भाजपा जिलाध्यक्ष हरेंद्र सिंह रिंकू सहित कई प्रमुख लोगों के शामिल होने की संभावना है।
देवरिया जिले के मईल थाना क्षेत्र स्थित चकरा गोसाई पुलिस चौकी से सटी भूमि को लेकर रविवार दोपहर विवाद हो गया। जमीन के स्वामित्व और सीमांकन को लेकर पुलिसकर्मियों और भूमि स्वामी के बीच कहासुनी धक्का-मुक्की में बदल गई। मईल थाना क्षेत्र के चकरा गोसाई गांव निवासी दीनानाथ तिवारी का पुलिस चौकी और पंचायत भवन से सटे भूखंड को लेकर पहले से विवाद चल रहा है। रविवार दोपहर वह अपने घर के पास मजदूरों से सफाई कार्य करा रहे थे। इसी दौरान चौकी पर तैनात दरोगा और सिपाही मौके पर पहुंचे। उन्होंने सफाई, निर्माण कार्य पर आपत्ति जताई, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बहस के दौरान स्थिति अचानक बिगड़ गई और एक दरोगा तथा वृद्ध दीनानाथ तिवारी के बीच धक्का-मुक्की हो गई। वीडियो में वृद्ध को दरोगा का कॉलर पकड़ते और ईंट उठाते हुए देखा जा सकता है। एक अन्य पुलिसकर्मी ईंट छीनते हुए नजर आ रहा है। वीडियो में अन्य पुलिसकर्मी बीच-बचाव कर माहौल शांत कराने का प्रयास करते दिख रहे हैं। हंगामा बढ़ता देख वृद्ध के परिवार के सदस्य भी मौके पर पहुंच गए, जिससे कुछ देर के लिए तनाव की स्थिति बन गई। सूचना मिलने पर मईल थाने से अतिरिक्त पुलिस बल मौके पर पहुंचा। उन्होंने दोनों पक्षों को समझाकर मामला शांत कराया। प्रभारी थानेदार अरविंद कुमार ने बताया कि दीवार गिरने को लेकर गलतफहमी के कारण यह विवाद हुआ था। उन्होंने यह भी कहा कि स्थिति को नियंत्रण में कर लिया गया है और किसी के गंभीर रूप से घायल होने की सूचना नहीं है। फिलहाल, पूरे मामले की जानकारी उच्चाधिकारियों को दे दी गई है।
भारतीय जनता पार्टी के अनुसूचित जाति मोर्चा (मध्यप्रदेश) की नई प्रदेश कार्यकारिणी की घोषणा कर दी गई है। मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष भगवान सिंह परमार ने बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल की सहमति से एससी मोर्चा के प्रदेश पदाधिकारियों नियुक्तियों की सूची जारी करते हुए विभिन्न पदों पर नेताओं को जिम्मेदारी सौंपी है। 8 प्रदेश उपाध्यक्ष, 3 महामंत्री नियुक्तजारी सूची के अनुसार सत्यप्रकाश सखवार, मोहिनी शाक्यवार, गगन खटीक, धर्मेंद्र आर्य, सत्यनारायण खोईवाल, भगवती प्रसाद शिंदे, प्रवीण मेश्राम और अमित कछवाह को प्रदेश उपाध्यक्ष बनाया गया है। बसपा से विधायक रहे सत्यप्रकाश उपाध्यक्ष बनेबीजेपी ने सत्यप्रकाश सखवार को प्रदेश उपाध्यक्ष बनाया है। वे 2013 में मुरैना जिले की अंबाह सीट से बसपा के टिकट पर चुनाव जीतकर विधायक बने थे। ज्योतिरादित्य सिंधिया के साथ अंबाह विधायक कमलेश जाटव के बीजेपी में शामिल होने के बाद वे कांग्रेस में शामिल होकर 2020 में उपचुनाव लड़े और हार गए थे। फिर 2023 के विधानसभा चुनाव के पहले उन्होंने कांग्रेस छोड़कर बीजेपी जॉइन कर ली थी। तीन प्रदेश महामंत्री बनाएगणपत डाबी, रामस्वरूप शुक्रवारे और कृष्णा चौधरी को प्रदेश महामंत्री की जिम्मेदारी दी गई है। कोषाध्यक्ष और मंत्रियों की भी नियुक्तिअंकित थेप्ते को कोषाध्यक्ष और मुकेश कुमार को सह-कोषाध्यक्ष बनाया गया है। इसके अलावा सुखलाल पवार, नितेश नरवले, कन्हैया लाल चौहान, संजय दायमा, डॉ. जगदीश चौहान, महेंद्र कुमार अहिरवार, सोरभ बावरिया और सीता राम साकेत को प्रदेश मंत्री नियुक्त किया गया है। मीडिया, सोशल मीडिया और आईटी प्रभारी भी बनाए
हिसुआ प्रखंड के बाजरा गांव के पास रविवार को एक सड़क दुर्घटना में बाइक सवार दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों की पहचान डर्मा गांव निवासी धर्मेंद्र कुमार और सुलोचना देवी के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, एक बाइक पर तीन लोग सवार होकर आ रहे थे। इसी दौरान अचानक एक अन्य वाहन ने बाइक को चकमा दे दिया, जिससे बाइक अनियंत्रित होकर पलट गई। इस घटना में धर्मेंद्र कुमार और सुलोचना देवी को गंभीर चोटें आईं। दोनों घायलों को तत्काल हिसुआ के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए नवादा रेफर कर दिया गया है। फिलहाल, सभी घायलों की हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। घटना के संबंध में हिसुआ थाना प्रभारी मृत्युंजय कुमार ने बताया कि तेज रफ्तार से वाहन चलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि पुलिस को जानकारी मिलते ही कार्रवाई की जा रही है। हाल के दिनों में तेज रफ्तार वाहनों के कारण आम लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
भाेपाल के हर्षवर्धन नगर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के पांचवें दिन गोवर्धन पूजा हुई। कथा के दौरान भागवताचार्य पंडित रामकिशोर वैदिक ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण ने इंद्र पूजा के स्थान पर गोवर्धन पूजा की परंपरा स्थापित कर प्रकृति संरक्षण और पर्यावरण संतुलन का संदेश दिया था। प्रकृति की सेवा ही सच्ची पूजा है और गोवर्धन पूजा इसी भावना का प्रतीक है। कथा स्थल पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। इस मौके पर ज्योतिष मठ के संस्थापक पं. विनोद गौतम, विधायक भगवान दास सबनानी और नगर निगम अध्यक्ष किशन सूर्यवंशी सहित अन्य जनप्रतिनिधियों व भक्तों ने गोवर्धन पूजा में भाग लेकर कथा का रसपान किया। मुख्य व्यवस्थापक अभिषेक मालवीय ने बताया कि 24 फरवरी को कथा का भंडारे के साथ समापन किया जाएगा।
टीकमगढ़ में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की जिला कार्यकारिणी का एक साल के लंबे इंतजार के बाद आखिरकार गठन कर दिया गया है। भाजपा जिलाध्यक्ष सरोज राजपूत ने रविवार रात करीब 9 बजे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर सूची सार्वजनिक की। नई कार्यकारिणी में 8 उपाध्यक्ष, 3 महामंत्री और 8 कार्यकर्ताओं को मंत्री पद की जिम्मेदारी सौंपी गई है। लंबे समय से चल रही खींचतान के बाद प्रदेश अध्यक्ष की सहमति से यह सूची जारी की गई है। महामंत्री पदों पर मनोज देवलिया, अश्विनी चढ़ार और इंजीनियर अभय प्रताप सिंह यादव को नियुक्त किया गया है। महामंत्री पदों को लेकर सबसे अधिक खींचतान थी। कार्यकारिणी में संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारियों के साथ-साथ केंद्रीय मंत्री डॉ. वीरेंद्र कुमार, पूर्व विधायक राकेश गिरी गोस्वामी और पूर्व विधायक राहुल सिंह लोधी की पसंद के कार्यकर्ताओं को भी शामिल किया गया है। जतारा विधायक हरिशंकर खटीक समर्थित कार्यकर्ताओं को सर्वाधिक स्थान मिला है। इस नई कार्यकारिणी में केवल एक महिला कार्यकर्ता को जगह मिली है। संध्या सोनी को जिला कार्यालय सह मंत्री बनाया गया है।
राजसमंद में पुलिस मुख्यालय के निर्देशानुसार जिला पुलिस द्वारा एक दिवसीय एरिया डोमिनेशन अभियान चलाया गया। अभियान के तहत जिले में संपत्ति संबंधी अपराधों में लिप्त अपराधियों को विशेष रूप से टारगेट किया गया। 207 जगहों पर दबिश दी पुलिस अधीक्षक ममता गुप्ता के अनुसार कार्रवाई के दौरान 500 से अधिक पुलिस बल की तैनाती करते हुए 72 विशेष टीमें गठित की गईं, टीमों द्वारा जिलेभर में 207 जगहों पर दबिश दी। इसमें विभिन्न प्रकरणों में वांछित कुल 48 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया। इनमें स्टैंडिंग वारंटी और गिरफ्तारी वारंटी के आरोपी भी शामिल हैं। 2 इनामी और 7 हिस्ट्रीशीटर पकड़े इसके अतिरिक्त 57 लोगों को प्रिवेंटिव सेक्शन के तहत गिरफ्तार किया गया। पकड़े गए आरोपियों में 2 इनामी अपराधी और 7 हिस्ट्रीशीटर भी शामिल हैं। पुलिस ने प्रॉपर्टी से जुड़े अपराधों में संलिप्त 32 हिस्ट्रीशीटर की भी जांच और सत्यापन किया।दबिश के दौरान अवैध गतिविधियों पर भी कार्रवाई करते हुए 7 प्रकरण एक्साइज एक्ट तथा 1 प्रकरण एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज किया गया। अभियान का उद्देश्य आमजन में सुरक्षा का भाव मजबूत करना, पुलिस की सक्रिय उपस्थिति दर्शाना तथा अपराधियों में कानून का भय स्थापित करना रहा।
मुंबई पुणे एक्सप्रेसवे पर गैस टैंकर पलटने से जाम में फंसे रहे लोगों को उनके फास्टैग में टोल रिफंड किया जाएगा। महाराष्ट्र स्टेट रोड डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन(MSRDC) के एक सीनियर अधिकारी ने रविवार को इसकी जानकारी दी। 3 फरवरी को एक्सप्रेसवे पर खंडाला घाट सेक्शन में शाम करीब 5 बजे अडोशी टनल के पास एक गैस से भरा टैंकर पलट गया था। इससे 33 घंटे तक ट्रैफिक जाम रहा और कई किलोमीटर तक 1 लाख से ज्यादा गाड़ियां फंस गई थीं। गाड़ी चलाने वालों और यात्रियों को पानी, खाने और दूसरी जरूरी सुविधाओं की कमी का सामना करना पड़ा था। अधिकारी ने बताया कि टोल कलेक्शन रोकने का ऑर्डर जारी होने के बाद भी गाड़ी मालिकों से वसूले गए पूरे पैसे वापस करने का फैसला किया गया है। 5.16 करोड़ रुपये का रिफंड MSRDC प्रोसेस करेगा। NDRF, SDRF और भारत पेट्रोलियम की टीमें तैनात की गई थीं गैस लीक के बाद हालात संभालने के लिए NDRF, SDRF और भारत पेट्रोलियम (BPCL) की टीमें मौके पर तैनात की गई थीं। पुणे से मुंबई जाने वाली लेन पूरी तरह बंद कर दी गई थी और ट्रैफिक को पुराने मुंबई-पुणे हाईवे की ओर डायवर्ट किया गया था। स्थिति को कुछ हद तक संभालने के लिए पुणे लेन से मुंबई की ओर 15–20 मिनट के ब्लॉक में गाड़ियां जा रही थी। 4 फरवरी की शाम तक वाहनों की कतारें करीब 20 किलोमीटर तक फैल गई थीं। मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर जाम की 3 तस्वीरें… यात्रियों के बीच पानी और बिस्कुट बांटे गए मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे के संचालन और रखरखाव के लिए जिम्मेदार MSRDC और IRB MPEPL की टीमें FM रेडियो, सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से यात्रियों को लगातार अपडेट देती रहीं। लोगों से अपील की गई कि बेहद जरूरी न हो तो यात्रा से बचें और वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करें। फंसे यात्रियों की मदद के लिए IRB MPEPL और पुणे ग्रामीण पुलिस ने जहां संभव हो सका वहां पानी और बिस्कुट बांटे। एक MSRTC ड्राइवर ने बताया कि उनकी बस अडोशी टनल के पास करीब 9 घंटे तक फंसी रही और आखिरकार बुधवार सुबह 3 बजे पनवेल पहुंच सकी। यात्रियों ने सोशल मीडिया पर नाराजगी जताई थी। कुछ यूजर्स ने एक्सप्रेसवे को ‘पार्किंग लॉट’ बताया। महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों को टॉयलेट और पानी की कमी के कारण सबसे ज्यादा परेशानी झेलनी पड़ी। ------------------------------------ मुंबई से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… मुंबई में लिफ्ट में फटे गैस से भरे गुब्बारे, VIDEO: लिफ्ट में मौजूद महिला और व्यक्ति आग में घिरे मुंबई की एक बिल्डिंग की लिफ्ट में बुधवार को गुब्बारे फटने से आग लग गई। लिफ्ट में पहले एक महिला और फिर एक व्यक्ति गुब्बारे लेकर घुसता है। इसके बाद अचानक से गुब्बारों में ब्लास्ट हो जाता है। पुलिस ने बताया कि आग से आदमी और महिला को चोटें आई हैं। पूरी खबर पढ़ें…
लखनऊ में आमोद आश्रम की लोकगीत कार्यशाला का समापन:65 से अधिक महिलाओं ने होली गीतों की प्रस्तुति दी
लखनऊ में आमोद आश्रम द्वारा होली और पारंपरिक लोकगीतों पर आधारित एक सप्ताह की कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। इस कार्यशाला की मंचीय प्रस्तुति रविवार को उर्दू अकादमी के सभागार में हुई। संगीत नाटक अकादमी के निदेशक डॉ. शोभित नाहर कार्यक्रम के मुख्य अतिथि रहे। इस आयोजन में 25 से 75 वर्ष आयु वर्ग की 65 से अधिक महिलाओं ने ऑफलाइन और ऑनलाइन माध्यम से उत्साहपूर्वक भाग लिया। पूरे सप्ताह आमोद आश्रम परिसर लोकगीतों की मधुर गूंज से जीवंत बना रहा।कार्यशाला का निर्देशन प्रख्यात लोकगायिका डॉ. सुचरिता गुप्ता ने किया। लोकगीतों की परंपरा को जन-जन तक पहुंचाने की पहल डॉ. गुप्ता सुप्रसिद्ध ठुमरी गायिका सिद्धेश्वरी देवी की सुपुत्री पद्मश्री सविता देवी की शिष्या हैं। उन्होंने गुरु-परंपरा में बनारस के पूरब अंग की गायकी को आत्मसात किया है।आकाशवाणी की टॉप ग्रेड कलाकार के रूप में डॉ. सुचरिता गुप्ता लोकगीतों की परंपरा को जन-जन तक पहुंचाने में सक्रिय हैं। उनका उद्देश्य नई पीढ़ी, विशेषकर बेटियों और बहुओं के माध्यम से इस सांस्कृतिक धरोहर को पुनर्जीवित करना है। पारंपरिक गीतों के साथ लोकधुनों की प्रस्तुतियां दीं मंच पर प्रतिभागियों ने होली के पारंपरिक गीतों के साथ अन्य लोकधुनों की मनोहारी प्रस्तुतियां दीं। रंग, उमंग और परंपरा का यह सुंदर संगम दर्शकों को भावविभोर कर गया, जिससे सभागार तालियों की गूंज से बार-बार भर उठा।कार्यक्रम के अंत में डॉ. शोभित नाहर और डॉ. सुचरिता गुप्ता ने सभी प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र प्रदान किए। यह सांस्कृतिक आयोजन आमोद आश्रम की सचिव अनिता श्रीवास्तव, डॉ. नरेंद्र कुमार श्रीवास्तव और डॉ. अनामिका श्रीवास्तव के कुशल मार्गदर्शन और सहयोग से सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
आनासागर में अवैध मत्स्याखेट पर सख्त कार्रवाई:6 नावें, 40 करंट जाल व 400 किलो मछली जप्त
अजमेर जिला मत्स्य विभाग द्वारा झीलों में अवैध मत्स्याखेट की रोकथाम हेतु चलाए जा रहे सघन अभियान के तहत शनिवार रात्रि को आनासागर पर औचक निरीक्षण कर बड़ी कार्रवाई की गई। निरीक्षण के दौरान मौके से 6 नावें, 12 चप्पू, लगभग 40 फसला करंट जाल तथा करीब 400 किलो मछली जप्त की गई। सहायक निदेशक मत्स्य मदन सिंह ने बताया कि विभाग को आनासागर में अवैध मत्स्याखेट की गतिविधियों की सूचना प्राप्त हो रही थी। इसी के मद्देनज़र निरीक्षण दल ने शनिवार रात्रि लगभग 11 बजे फॉयसागर पुलिस चौकी के सामने वाली गली से होते हुए अंदर की चौपाटी क्षेत्र में औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान चौपाटी के समीप लावारिस अवस्था में 6 नावें एवं 12 चप्पू पाए गए, जिससे अवैध मत्स्याखेट का आभासा हुआ। चैकिंग दल द्वारा सम्पूर्ण चौपाटी का मौका निरीक्षण किया गया लेकिन मौके पर कोई व्यक्ति नहीं मिला। उन्होंने बताया कि निरीक्षण दल द्वारा तत्काल कार्रवाई करते हुए लावारिस नावों एवं चप्पुओं को जब्त कर रात्रि में ही पिकअप वाहन के माध्यम से मत्स्य कार्यालय पहुंचाया गया। पूरी रात सघन निगरानी एवं चैकिंग की गई, किंतु सुबह तक कोई भी व्यक्ति जाल निकालने के लिए नहीं पहुंचा। उन्होंने बताया कि रविवार प्रातः 9 बजे नगर निगम द्वारा उपलब्ध करवाई गई दो नावों तथा आठ मजदूरों की सहायता से झील में डाले गए लगभग 40 फसला करंट जालों को निकाला गया। इन जालों में फंसी करीब 400 किलो मछलियों को बाहर निकालकर निर्धारित स्थान पर एकत्रित किया गया तथा जाल से अलग किया गया। समस्त जाल एवं मछलियों को मत्स्य अधिनियम के प्रावधानों के तहत विधिवत जप्त कर मत्स्य कार्यालय में जमा कर इन्द्राज किया गया। जप्त मछलियों को पिकअप वाहन द्वारा मछली मण्डी अजमेर लाकर सार्वजनिक नीलामी की गई, जिससे लगभग 30 हजार रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ। सहायक निदेशक ने बताया कि जिले में अवैध मत्स्याखेट पर पूर्णतः रोक लगाने के लिए नियमित निगरानी एवं सघन अभियान जारी रहेगा। अवैध गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध मत्स्य नियमों के अनुसार सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने आमजन से भी अपील की है कि झीलों में अवैध मत्स्याखेट की सूचना तत्काल विभाग को दें, ताकि प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण सुनिश्चित किया जा सके।
सीएम भजनलाल शर्मा ने कहा कि विमुक्त, घुमन्तु और अर्द्ध घुमन्तु समुदाय के युवा,महिला अगर अपना व्यापार करना चाहते है तो सरकार उनके साथ है। उन्होने कहा कि मैं जानता हूं कि आपके पास बैंक में रखने के लिए कुछ नहीं होता हैं। लेकिन आप चिंता मत कीजिए, आपकी बैंक गारंट देने वाला भी मैं हूं। आप अपना फॉर्म भरिए, आगे आइए, क्या काम करना चाहते है। वो काम कीजिए। हमारी सरकार पूरी तरह से आपके साथ हैं। सीएम रविवार को अंबाबाड़ी स्थित आदर्श विद्या मन्दिर के सभागार में आयोजित विमुक्त, घुमन्तु एवं अर्द्ध घुमन्तु समुदाय अधिकारी, कर्मचारी एवं प्रबुद्धजन महासम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। गड़ा धन मिलता है तो वो बंजारा समाज कासीएम भजनलाल शर्मा ने कहा कि बंजारा समाज के जैसा व्यापारिक कौशल किसी ओर का नहीं है। हमने देखा है जब हमारा यह समाज किसी बड़े गांव में जाता था। गांव के लोग कहते थे कि हमें कुछ आवश्यकता है तो उसी गांव में इनका एक निशान होता था। उस जगह पर गड़ा धन निकालकर उस गांव की अर्थव्यवस्था में योगदान देते थे। आज भी मैं कहना चाहता हूं कि अगर किसी गांव में अथवा किसी अन्य स्थान पर इस तरह का धन मिलता है तो वो किसी ओर का नहीं है, वो बंजारा समाज का ही हैं। स्कूल ऑन व्हील्स की स्थापना होगीसीएम ने कहा कि हमारी सरकार ने घुमन्तु परिवारों को आश्रय उपलब्ध कराने के लिए आवासीय पट्टे वितरित किए और इन परिवारों के बच्चों की शिक्षा के लिए छात्रावास की व्यवस्था की। वहीं इस बजट में हमने घुमन्तु समुदाय के बच्चों की शिक्षा के लिए राज पहल कार्यक्रम की अभिनव पहल की है। इस कार्यक्रम के प्रथम चरण में प्रत्येक जिले में एक स्कूल ऑन व्हील्स स्थापित किया जाएगा। यह कार्यक्रम शिक्षा के क्षेत्र में मील का पत्थर साबित होगा। इसके साथ ही प्रवास-प्रभावित क्षेत्रों में अस्थायी शिक्षा शिविर तथा शैक्षिक संभागों में 6 माह के स्कूल रेडिनेस कैम्प भी आयोजित किए जाएंगे। इससे पलायन और प्रवास के कारण नियमित विद्यालय से वंचित रहने वाले बच्चों तक शिक्षा की पहुंच सुनिश्चित होगी।
कोटपूतली-बहरोड़ जिले के बानसूर के एक गांव के सरकारी स्कूल से सस्पेंड चल रही महिला लिपिक ने आत्महत्या का प्रयास किया। इस दौरान लोग एकत्र हो गए। महिला के सुसाइड करने के प्रयास पर लोगों और पुलिस ने पहुंचकर उसे रोका। मामला रविवार रात करीब 9 बजे तिजारा फाटक पुलिया का है। महिला का आरोप है- बानसूर के पूर्व एसएचओ सुरेंद्र मलिक व दो लोगों ने उसे हनी ट्रैप में फंसाया। महिला ने पूर्व एसएचओ सुरेंद्र मलिक सहित कुछ लोगों पर 15 लाख रुपए में सौदा करने का आरोप लगाया। वहीं कहा कि मुझे जानबूझकर झूठे केस में जेल भेजा। महिला ने कहा- एसएचओ और आरोपियों के खिलाफ पूरे सबूत दे दिए। इसके बावजूद आरोपियों को अरेस्ट नहीं किया जा रहा। महिला इस पुलिया पर चढ़ गई थी। महिला का आरोप है कि मैं 8 महीनों में खूब परेशान हो गई हूं। 8 महीने से पुलिस प्रशासन के चक्कर लगा रही हूं, लेकिन वे आरोपियों को बचाने में लगे हैं। महिलाकर्मी ने कहा- मैं मरना नहीं चाहती, लेकिन मुझे मजबूर किया जा रहा है। आरोप- सबूत देने के बाद भी आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया जा रहामहिलाकर्मी ने कहा- पूर्व एसएचओ सुरेंद्र मलिक को बचाने के लिए अब पूरा पुलिस प्रशासन एक है। पुलिस उसे बचाना चाहती है। मैंने सब कागज सबूत दे दिए। इसके बावजूद आरोपी अरेस्ट नहीं किए जा रहे। आरोपी मेरा वीडियो दिखा रहे हैं। मुझे पहले 20 लाख रुपए देने का लालच दिया। अब 8 महीने हो गए। मैंने सब कागज व सबूत दे दिए। दो आरोपी मेरी वीडियो लोगों को दिखाते हैं। मैं मजबूर इसलिए हूं कि मुझे फंसाया और आरोपियों को अरेस्ट तक नहीं किया जा रहा है। जबकि उसने सब सबूत दिए हैं। पुलिस ने समझाकर उताराशिवाजी पार्क थाना प्रभारी चंद्रशेखर ने बताया कि शाम को गश्त कर रहे थे। तिजारा पुलिया पर एक महिला संदिग्ध अवस्था में बैठी थी। राहगीरों ने भी महिला को समझाया। तब महिला ने बताया कि बानसूर थाने में एक मुकदमें में उसे गिरफ्तार किया गया। जबकि उसने नारायणपुर थाने में मुकदमा दर्ज कराया है। उस मामले में न्याय नहीं मिला है। हम मामले की पूरी जानकारी करेंगे। महिला से लिखित में शिकायत लेकर आगे जांच करेंगे। महिला के पति ने कहा- फोटो-वीडियो वायरल की देते थे धमकीमहिला के पति ने बताया- वर्ष 2020 में पत्नी को होलावास निवासी बुधराम सहित तीन लोग ब्लैकमेल कर रहे थे। वे बार-बार फोटो-वीडियो वायरल करने की धमकी देते थे। वर्ष 2021 में पत्नी के साथ मारपीट भी की गई। कोविड के समय भी मारपीट की गई। थाने में जबर्दस्ती राजीनामा लिखवा लिया गया। इसके बाद पत्नी को ही फंसा कर उसे जेल भिजवा दिया। होलावास निवासी बुधराम बिजली का ठेकेदार है। उसने पहले पत्नी के भाई को नौकरी लगाने के नाम पर बुलाया था। इसके नाम से रुपए भी लिए थे। बाद में उसने पत्नी के गलत वीडियो बना लिए। इससे उसे ब्लैकमेल करने लगा। इसकी पुलिस को लगातार शिकायत दी। उन्होंने कहा- इस मामले के सबूत भी दिए, लेकिन थाने में पत्नी की सुनवाई नहीं की गई। वहीं पुलिस आरोपियों का साथ देने में लग गई। पत्नी से 2019 से 2021 तक करीब 20 लाख रुपए लिए। कुछ रुपए लौटाए हैं। अब पत्नी उच्च अधिकारियों के चक्कर लगा चुकी है। लेकिन आरोपियों को अरेस्ट नहीं किया। उल्टा पत्नी को हनी ट्रैप में फंसाया। इसमें पूर्व एसएचओ सुरेंद्र मलिक भी शामिल है।
डबवाली में कर्ज से परेशान युवक ने किया सुसाइड:पेड़ पर लटका मिला शव, कई दिनों से परेशान था अविवाहित
सिरसा जिले के डबवाली खंड के गांव रामपुरा बिश्नोईयां में 24 वर्षीय एक युवक ने पेड़ से लटककर आत्महत्या कर ली। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पेड़ से उतारकर पोस्टमार्टम के लिए नागरिक अस्पताल पहुंचाया। पुलिस मामले की जांच में जुटी है। मृतक की पहचान मानविंद्र सिंह पुत्र मल सिंह के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, मानविंद्र पिछले कई दिनों से वित्तीय संकट के कारण परेशान था, जिसके चलते उसने यह कदम उठाया। यहां जानिए पूरा मामला मानविंद्र सिंह जंडवाला जाटान रोड पर स्थित अपनी ढाणी में रहता था। घटना के समय परिवार के सभी सदस्य ढाणी से बाहर थे। इसी दौरान मानविंद्र ढाणी से सलाम खेड़ा रोड पर स्थित अपने खेत में चला गया और वहां गले में साफा डालकर पेड़ से लटक गया। आसपास के लोगों ने मानविंद्र को पेड़ से लटका देखा, तो उन्होंने उसके परिजनों को सूचना दी। परिजनों ने खेत में पहुंचकर मानविंद्र को पेड़ से लटका पाया, जिसके बाद उन्होंने स्थानीय पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को नीचे उतारा और नागरिक अस्पताल पहुंचाया। पुलिस ने पारिवारिक सदस्यों से जानकारी जुटाकर इत्तेफाकिया कार्रवाई अमल में लाई है। मृतक अविवाहित था और दो भाइयों में से एक था। वह खेतीबाड़ी के कार्य में अपने परिवार का हाथ बंटाता था। गांव के रामबाग में मृतक का दाह संस्कार किया गया।
सम्राट विक्रमादित्य विश्वविद्यालय की हिंदी अध्ययनशाला 23 और 24 फरवरी को एक राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन कर रही है। यह संगोष्ठी घुमंतू एवं विमुक्त समुदायों की परंपरा, साहित्य-संस्कृति और भक्तिकालीन साहित्य पर केंद्रित होगी। इसमें देशभर से विशेषज्ञ और शोधकर्ता शामिल होंगे। यह दो दिवसीय आयोजन पीएम उषा योजना के तहत हो रहा है। एमपी कॉन, भोपाल इस संगोष्ठी में सहयोग कर रहा है। इसमें देश के विभिन्न राज्यों से विशेषज्ञ, शोधकर्ता और विद्वान हिस्सा लेंगे। विश्वविद्यालय के हिंदी विभागाध्यक्ष प्रोफेसर शैलेंद्र कुमार शर्मा और मुख्य समन्वयक प्रोफेसर जगदीश चंद्र शर्मा ने बताया कि संगोष्ठी का आयोजन विश्वविद्यालय के वाग्देवी भवन स्थित राष्ट्रभाषा सभागार में होगा। यह प्रतिदिन सुबह 10:30 बजे से शाम 5:00 बजे तक चलेगी। दो दिन तक इन विषयों पर होगी चर्चा संगोष्ठी के पहले दिन, 23 फरवरी को 'विमुक्त एवं घुमंतू समुदायों की परंपराओं में लोक साहित्य एवं संस्कृति के विविध आयाम' विषय पर विशेष सत्र आयोजित किया जाएगा। इस सत्र में इन समुदायों की सांस्कृतिक विरासत और साहित्यिक योगदान पर गहन चर्चा होगी। समापन दिवस, 24 फरवरी को 'भक्तिकालीन साहित्य: विविध धाराओं का वैशिष्ट्य और युगीन प्रासंगिकता' विषय पर विचार-विमर्श होगा। इसमें भक्तिकालीन साहित्य की विभिन्न धाराओं, उनके सामाजिक प्रभाव और वर्तमान संदर्भ में उनकी प्रासंगिकता पर गहन चर्चा की जाएगी।
ग्वालियर व्यापार मेले के आखिरी रविवार को लोग बड़ी संख्या मेले का लुफ्त लेने के लिए पहुंचे हैं। मेले में बढ़ती सैलानियों की भीड़ को देखकर व्यापारियों के चेहरे पर भी मुस्कुराहट आ गई और उन्हें अच्छे व्यापार की उम्मीद है। ग्वालियर व्यापार में लेकर अंतिम रविवार को पूरे मेले में सैलानियों की चहल कदमी नजर आई। खास तौर पर झूला सेक्टर और खान-पान के स्टॉल्स पर लोगों की दिलचस्पी देखने को मिली। वहीं अपने परिजनों के साथ और दोस्तों के साथ लोग झूठों का आनंद भी लेते हुए नजर आए। रविवार को अवकाश के चलते केवल ग्वालियर ही नहीं बल्कि आसपास के जिलों से भी लोग अपने बच्चों और परिजनों को लेकर मेले में पहुंचे। इस दौरान ग्वालियर के झूला सेक्टर में एंटी ग्रेविटी झूला मिक्सर टोरा टोरा स्काई राइट ट्रेन मौत का कुआं सिंगापुर ट्रिप हेलीकॉप्टर शॉट सहित 30 से 35 जिलों पर लोगों की भीड़ का हम देखने को मिला। तो वहीं बच्चों के लिए मिकी माउस बाल रेल, करंट कार सहित कई छोटे झूलों का आनंद बच्चों ने लिया। इसके अलावा मेले के खाने पीने के स्थल पर भी लोगों ने जायकेदार व्यंजनों का आनंद लिया। इस दौरान ग्वालियर मेले में खास कई प्रकार के व्यंजन जैसे गाजर का हलवा, खजला, पानी पुरी, पापड़, सूप, मूंगफली, छोले भटूरे, चाट पकौड़ी सहित कई व्यंजनों का स्वाद चखा। शिल्प बाजार में लोगों की भीड़ मेले में शिल्प बाजार पर भी खासी भीड़ देखने को मिली। हैंडी क्राफ्ट और परम्परागत परिधानों के शौकीन बड़ी संख्या में इस मेले में नजर आए। खासकर लोगों ने लकड़ियों से बने आइटम, कालीन, परिधान, आदि की दुकानों पर लोग बड़ी संख्या में पहुंचे। इसके साथ ही श्रीमंत माधवराव सिंधिया ग्वालियर व्यापार मेला प्राधिकरण एवं ग्वालियर डिस्ट्रिक बॉडी बिल्डिंग एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में संभाग-स्तरीय बॉडी बिल्डिंग एंड मेंस फिजिक चैंपियनशिप का आयोजन किया गया। मेले में आयोजित संभाग-स्तरीय बॉडी बिल्डिंग एंड मेंस फिजिक चैंपियनशिप में शरीर साधकों ने अपनी मांसपेशियों का शानदार प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता में सम्पूर्ण ग्वालियर-चंबल अंचल के 100 से अधिक शरीर साधक (बॉडी बिल्डर्स) ने भाग लिया। प्रतियोगिता में निर्णायक की भूमिका में रेहान शेख एवं फैजान शेख, अभिषेक रोमर, नमित सक्सेना, अंकित तोमर रहे, जिन्होंने सर्वसम्मति से विजेता-उपविजेता की घोषणा की। चैंपियन ऑफ़ चैंपियन (बॉडी बिल्डिंग) का खिताब ओम बरेटा ने अपने नाम किया।
गोपालगंज में एक सड़क हादसे में 53 वर्षीय व्यक्ति की मौत हो गई। वह तिलक समारोह से घर लौट रहे थे, तभी उनकी अनियंत्रित बाइक सड़क किनारे खड़े ट्रेलर से टकरा गई। यह घटना थावे थाना क्षेत्र के चनावे गांव के पास हुई। मृतक की पहचान थावे थाना क्षेत्र के वृंदावन मौजे गांव निवासी महंत साह के बेटे राजकुमार साह के रूप में हुई है। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए मॉडल अस्पताल भेज दिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है। लौटते समय चनावे गांव के पास हादसा जानकारी के अनुसार, राजकुमार साह सिवान के बड़हरिया थाना क्षेत्र के तेतलिया गांव में एक तिलक समारोह में शामिल होने गए थे। घर लौटते समय चनावे गांव के पास सामने से आ रहे वाहन की तेज रोशनी उनकी आंखों पर पड़ी, जिससे वह सामने देख नहीं पाए। उनकी बाइक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खड़ी एक ट्रेलर से जा टकराई। घटनास्थल पर लोगों की भीड़,लगा जाम टक्कर इतनी भीषण थी कि राजकुमार साह के सिर में गंभीर चोटें आईं और उनकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जमा हो गई, जिससे कुछ देर के लिए यातायात बाधित रहा। बताया गया है कि राजकुमार साह विदेश में काम करते थे और 20 फरवरी को ही अपने घर लौटे थे। उनके परिवार में चार बेटे और एक बेटी हैं, जिनके सिर से पिता का साया उठ गया है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
शहर में रविवार शाम झालावाड़ रोड स्थित द ऑरिक रिसॉर्ट में दैनिक भास्कर कोटा की ओर से हेल्थ केयर अवॉर्ड समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में स्वास्थ्य क्षेत्र में उल्लेखनीय सेवाएं देने वाले शहर के चिकित्सकों को सम्मानित किया गया। समारोह के मुख्य अतिथि ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर रहे, जबकि विशिष्ट अतिथि के रूप में विधायक संदीप शर्मा उपस्थित रहे। इस अवसर पर कोटा दुग्ध उत्पादक संघ के चेयरमैन चैनसिंह राठौर, स्वास्थ्य एवं चिकित्सा विभाग कोटा जोन के ज्वाइंट डायरेक्टर जगदीश सोनी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नरेन्द्र नागर तथा जिला कलेक्टर पीयूष सामरिया सहित डॉक्टर्स मौजूद रहे। कार्यक्रम में हृदय रोग विशेषज्ञ, न्यूरोलॉजिस्ट, ऑर्थोपेडिक सर्जन, स्त्री रोग विशेषज्ञ, बाल रोग विशेषज्ञ एवं जनरल फिजिशियन सहित विभिन्न क्षेत्रों के चिकित्सकों को उनके उत्कृष्ट कार्यों के लिए सम्मानित किया गया। अपने संबोधन में ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने कहा कि डॉक्टर सेवा और समर्पण के प्रतीक हैं। कोविड काल जैसे चुनौतीपूर्ण समय में भी चिकित्सकों ने अपनी जान की परवाह किए बिना निरंतर सेवाएं दीं, जो समाज के लिए प्रेरणादायी है। वहीं विधायक संदीप शर्मा ने कहा कि चिकित्सक वर्ग पर पूरे समाज को गर्व है। किसी भी आपात स्थिति में डॉक्टर अपने कर्तव्य से पीछे नहीं हटते और मरीजों की सेवा को सर्वोपरि रखते हैं। दैनिक भास्कर की ओर से आयोजित यह समारोह चिकित्सा क्षेत्र में समर्पण और उत्कृष्ट सेवा देने वाले डॉक्टरों के प्रति सम्मान और आभार व्यक्त करने का एक सशक्त प्रयास रहा।
सड़क हादसे में एक युवक की मौत:दूसरा घायल, दो बाइक सवारों को ट्रैक्टर ने मारी टक्कर
कासगंज जनपद के सोरों थाना क्षेत्र में एक सड़क हादसे में 18 वर्षीय युवक की दर्दनाक मौत हो गई। और इस हादसे में मृतक का 16 वर्षीय दोस्त गंभीर रूप से घायल हो गया। वहीं घायल किशोर को इलाज़ के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं इस हादसे के बाद मौक़े पर पहुंची पुलिस ने मृतक युवक के शव को पीएम को भेजा है। आपको बतादे घटना शनिवार देर शाम कासगंज जिले के थाना सोरों क्षेत्र के सलेमपुर बीबी से आगे भाऊपुर गांव के पास हुई। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, फतेहपुर कला गांव का रहने वाला 18 वर्षीय धर्मेंद्र पुत्र राजेश और 16 वर्षीय गुलशन पुत्र रघुवीर अपनी स्प्लेंडर मोटरसाइकिल पर सवार होकर थाना सोरों क्षेत्र के गांव धेलासराय में दावत खाने जा रहे थे। इसी दौरान भाऊपुर गांव के पास एक अज्ञात ट्रैक्टर ने उनकी मोटरसाइकिल को टक्कर मार दी। हादसे में धर्मेंद्र की मौके पर ही मौत हो गई। गंभीर रूप से घायल गुलशन को उपचार के लिए जिला अस्पताल भेजा गया है। मृतक धर्मेंद्र के शव को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भेज दिया गया है। सोरों थाना प्रभारी निरीक्षक जगदीश चंद्र ने बताया कि मौके पर कानून व्यवस्था सामान्य है और तहरीर मिलने के आधार पर आवश्यक विधिक कार्रवाई की जाएगी।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा आज “नंदग्राम भूखण्डीय योजना” के ब्रॉशर का विमोचन किया गया। इस मौके पर पुलिस कमिश्नर जे. रविंदर गोड, डीएम रविंद्र कुमार मांदड़, एडिशनल सीपी राजकरन नैय्यर और जीडीए के वीसी मौजूद रहे। 14 साल बाद विकसित की नई योजना गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (GDA) की लगभग 14 वर्ष बाद विकसित की गई नई भूखंड योजना “नंदग्राम भूखण्डीय योजना” के ब्रॉशर का विधिवत विमोचन किया गया। यह योजना गाजियाबाद के ग्राम नूरनगर, नंदग्राम में विकसित की जा रही है। लगभग डेढ़ दशक के अंतराल के पश्चात प्राधिकरण द्वारा प्रस्तुत की गई यह भूखण्डीय योजना शहर के लोगों को नियोजित व पारदर्शी प्रणाली के तहत आवासीय भूखण्ड प्राप्त करने का महत्वपूर्ण अवसर बनेगी। यह है खासियत
इटावा में यूपीएससी की तैयारी कर रहे छात्र मनीष यादव की अपहरण के बाद बेरहमी से हत्या कर दी गई। इस मामले में प्रेम प्रसंग को वजह बताया जा रहा है। पिता की तहरीर पर प्रेमिका आकांक्षा, उसके भाई अभिषेक, विपिन यादव और दीपक सहित चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। मुख्य आरोपी विपिन और अभिषेक की तलाश में टीमें लगाई गई हैं। पुलिस जांच में सामने आया है कि मानिकपुर निवासी विपिन यादव आकांक्षा से एकतरफा प्रेम करता था। आकांक्षा की हाल ही में पुलिस में नौकरी लगी थी। बताया गया है कि आकांक्षा मनीष से प्रेम करती थी, जिससे विपिन नाराज रहता था। इसी बात को लेकर विवाद बढ़ा और मनीष को रास्ते से हटाने की साजिश रची गई। कार में अपहरण कर की गई बेरहमी आरोप है कि मनीष को पहले कार में अगवा किया गया। कार के भीतर उसके साथ मारपीट की गई। इसके बाद रस्सी से गला दबाया गया। जब इससे भी आरोपियों को संतोष नहीं हुआ तो चाकू से कई वार किए गए। शव को पहले सरसों के खेत में फेंका गया। बाद में दोबारा मौके पर पहुंचकर सिर में गोली मारी गई। रेलवे ट्रैक पर डालकर हादसा दिखाने की कोशिश हत्या के बाद शव को बोरी में भरकर ट्रैक्टर से ले जाया गया और गांव के पास से गुजर रही डीएफसीसी रेलवे लाइन पर रख दिया गया, ताकि मामला हादसा लगे। पहचान छिपाने के लिए मनीष के कपड़े, जूते और बैग उतारकर पेट्रोल डालकर जला दिए गए। पिता की तहरीर पर दर्ज हुआ मुकदमा भरथना थाना क्षेत्र के नगला बंधा गांव निवासी राजवीर सिंह ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि उनके बेटे का अपहरण कर साजिश के तहत हत्या की गई है। तहरीर के आधार पर आकांक्षा निवासी केशोंपुर कलां, उसके भाई अभिषेक, दोस्त दीपक और विपिन यादव के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। एक आरोपी गिरफ्तार, अहम सुराग मिले मुकदमा दर्ज होते ही पुलिस ने तेजी दिखाई। मुखबिर की सूचना पर थाना प्रभारी विक्रम सिंह और उनकी टीम ने तड़के भरथना इटावा रोड पर झिंदुआ पुल के पास से आरोपी दीपक को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने हत्या की साजिश और पूरी वारदात का खुलासा किया। पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल कार, चाकू, जले हुए कपड़े, बैग और जूते बरामद किए हैं। विपिन को बताया गया मास्टरमाइंड गिरफ्तार आरोपी ने पुलिस को बताया कि विपिन ही इस पूरी साजिश का मास्टरमाइंड है। उसने ही अभिषेक को अपने पक्ष में किया और दोस्त दीपक के साथ मिलकर योजना बनाई। बताया गया कि विपिन आकांक्षा के मोबाइल की कॉल डिटेल पर नजर रखता था। बाद में मनीष और आकांक्षा इंटरनेट कॉल के जरिए बात करने लगे थे। सीआरपीएफ जवान की तलाश में टीमें रवाना पुलिस सूत्रों के अनुसार आरोपी अभिषेक सीआरपीएफ में तैनात है और घटना के बाद पंजाब चला गया। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस क्षेत्राधिकारी के नेतृत्व में तीन टीमों का गठन किया गया है। थाना प्रभारी ने बताया कि फरार आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। टेबलेट की बरामदगी का इंतजार परिजनों के मुताबिक मनीष एक टेबलेट फोन का इस्तेमाल करता था, जो अब तक बरामद नहीं हो सका है। पुलिस का मानना है कि टेबलेट मिलने के बाद कई अहम जानकारियां सामने आ सकती हैं। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है और फरार आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है।
गोपालगंज में बिहार पुलिस सप्ताह कार्यक्रम का आगाज हो गया है। जिला समाहरणालय सभागार में दीप प्रज्वलित कर इसकी शुरुआत की गई। इस अवसर पर आयोजित विशेष जागरूकता कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं को नाबालिग की सहमति कानूनन मान्य नहीं है विषय पर विस्तृत जानकारी दी गई। कार्यक्रम के दौरान विभिन्न आयु वर्ग के विद्यार्थियों को यौन शोषण, लैंगिक उत्पीड़न, ईव टीजिंग और बच्चों से संबंधित अपराधों के कानूनी प्रावधानों के बारे में जागरूक किया गया। इसके साथ ही, विद्यार्थियों को साइबर अपराधों और सोशल मीडिया के माध्यम से होने वाले अपराधों जैसे फर्जी प्रोफाइल बनाना, ऑनलाइन उत्पीड़न, आपत्तिजनक सामग्री प्रसारित करना, साइबर बुलिंग और डिजिटल धोखाधड़ी के संबंध में भी विस्तार से बताया गया। मानसिक या ऑनलाइन शोषण एक गंभीर और दंडनीय अपराधकार्यक्रम में स्पष्ट किया गया कि नाबालिग के साथ किसी भी प्रकार का शारीरिक, मानसिक या ऑनलाइन शोषण एक गंभीर और दंडनीय अपराध है। विद्यार्थियों को उनके अधिकारों, सुरक्षा उपायों और आपात स्थिति में पुलिस से संपर्क करने की प्रक्रिया की भी जानकारी दी गई। लाइन डीएसपी, मुख्यालय डीएसपी और साइबर डीएसपी ने नाबालिग की सहमति के गंभीर विषय पर चर्चा की। उन्होंने स्पष्ट किया कि कानून की नजर में 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों की सहमति का कोई कानूनी मूल्य नहीं है। अधिकारियों ने बताया कि पोक्सो एक्ट के तहत यदि किसी नाबालिग के साथ कोई अप्रिय घटना होती है, तो 'सहमति' का तर्क बचाव का आधार नहीं बन सकता। यह जानकारी किशोरों को भावनात्मक जाल और गलत निर्णयों से बचाने के उद्देश्य से दी गई। किसी भी प्रकार का अनुचित स्पर्श या व्यवहार अपराध अधिकारियों ने विद्यार्थियों को समाज में व्याप्त विभिन्न अपराधों के बारे में भी समझाया। उन्होंने बताया कि किसी भी प्रकार का अनुचित स्पर्श या व्यवहार अपराध की श्रेणी में आता है। छात्रों को स्कूल-कॉलेज के रास्तों पर होने वाली छेड़खानी के विरुद्ध आवाज उठाने और पुलिस की मदद लेने के लिए प्रोत्साहित किया गया। वर्तमान डिजिटल युग में सोशल मीडिया के माध्यम से होने वाली धोखाधड़ी और निजी जानकारी साझा करने के खतरों के प्रति भी विद्यार्थियों को आगाह किया गया। इस विशेष कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवा पीढ़ी को अपराधों के प्रति सचेत करना और उनके कानूनी अधिकारों से अवगत कराना था।
विदिशा में तेज रफ्तार स्कॉर्पियो ने दूध लेने जा रही नौवीं कक्षा की छात्रा को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि स्कॉर्पियो अनियंत्रित होकर आगे बने गार्डन के टेंट में जा घुसी। छात्रा की इलेक्ट्रिक स्कूटर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। उसके शरीर पर गंभीर चोटें आई हैं। घटना रविवार शाम करीब 7:39 बजे लवली गार्डन के सामने स्थित एक किराने की दुकान के पास हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, स्कॉर्पियो हरिपुरा से बायपास की ओर तेज रफ्तार में जा रही थी। राधापुरम निवासी राजेश की बेटी खुशी (कक्षा 9वीं) घर से दूध लेने निकली थी, तभी यह हादसा हुआ। हादसे के बाद आसपास मौजूद लोगों ने कार चालक को पकड़ने की कोशिश की, लेकिन चालक मौके से तेज रफ्तार में फरार हो गया। पूरी घटना पास में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। फुटेज में साफ देखा जा सकता है कि वाहन चालक तेज गति से आता है, गलत साइड में घुसकर छात्रा को टक्कर मारता है और बिना रुके भाग जाता है। घटना की जानकारी मिलते ही बच्ची के परिजन मौके पर पहुंचे और बाद में सिविल लाइन थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर स्कॉर्पियो वाहन और उसके चालक की तलाश की जा रही है। इस घटना के बाद क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि क्षेत्र में तेज रफ्तार वाहनों पर सख्त कार्रवाई की जाए और मुख्य मार्गों पर यातायात नियंत्रण के पुख्ता इंतजाम किए जाएं, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। पुलिस ने आरोपी चालक की जल्द गिरफ्तारी का दावा किया है।
भागलपुर जिले के सबौर रेलवे स्टेशन पर रविवार को ईस्टर्न रेलवे के मुख्य प्रमुख वाणिज्य प्रबंधक कार्तिक सिंह ने औचक निरीक्षण किया। इस दौरान स्टेशन परिसर में सफाई व्यवस्था, यात्री सुविधाओं और परिसंपत्तियों के रखरखाव में कई कमियां पाई गईं, जिस पर अधिकारियों ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की। निरीक्षण के क्रम में प्लेटफॉर्म, प्रतीक्षालय, टिकट काउंटर और स्टेशन परिसर का बारीकी से जायजा लिया गया। कई स्थानों पर कूड़ा-करकट जमा मिला और सामान अव्यवस्थित पड़ा था। अधिकारियों ने संबंधित कर्मियों को तत्काल सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने तथा नियमित निगरानी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि स्टेशन की स्वच्छता और सुव्यवस्था में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सबौर रेलवे स्टेशन पर खड़ी ट्रकों को हटाने के निर्देश स्टेशन के बाहरी परिसर में लंबे समय से खड़े कई ट्रक भी निरीक्षण के दौरान पाए गए। इस पर अधिकारियों ने निर्देश दिया कि यदि ये वाहन रेलवे या राज्य पुलिस से संबंधित हैं, तो संबंधित विभाग को सूचित कर उन्हें शीघ्र हटाया जाए। अन्यथा, जिम्मेदार व्यक्तियों को निर्धारित समयसीमा के भीतर वाहन हटाने का आदेश दिया जाए। तय अवधि में कार्रवाई न होने पर जब्ती या नीलामी की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। लिफ्ट अब तक बंद, अधिकारियों को जल्द चालू करने के निर्देश निरीक्षण में यह भी सामने आया कि स्टेशन पर लिफ्ट की स्थापना के बावजूद उसे अब तक चालू नहीं किया गया है। मुख्य प्रमुख वाणिज्य प्रबंधक ने तकनीकी बाधाओं को शीघ्र दूर कर लिफ्ट चालू करने का निर्देश दिया, ताकि बुजुर्गों, दिव्यांगजनों और महिलाओं को आवागमन में सहूलियत मिल सके। इस अवसर पर कार्तिक सिंह ने कहा कि यात्रियों की सुविधा सर्वोपरि है और स्टेशन पर सभी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना रेलवे की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने अधिकारियों को नियमित निरीक्षण और निगरानी की व्यवस्था सुदृढ़ करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान स्थानीय प्रतिनिधियों और यात्रियों ने भी अपनी समस्याएं रखीं। कल्याणी कुमारी और किरण सिन्हा ने स्टेशन पर बेहतर साफ-सफाई और सुविधाओं की मांग की। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि सभी कमियों को शीघ्र दूर किया जाएगा।
पाली में रविवार को जाडन टोल नांके के पार रविवार को एक ट्रेलर बेकाबू होकर पलट गया। इस हादसे में हाईवे पर कंक्रीट बिखर गई। ऐसे में, एक तरफ का हाईवे करीब 1 घंटे जाम रहा। पुलिस ने ट्रेलर को साइड करवा कर जाम खुलवाया। गनीमत रही कि हादसे में ड्राइवर को किसी तरह की गंभीर चोट नहीं लगी। आगे वाले ट्रक ने ब्रेक लगाए थे सदर थाने के ASI मोहनलाल गुर्जर ने बताया कि आसींद से गुजरात जाते समय जाडन टोक नाके के पास कंक्रीट से भरा एक ट्रेलर पलट गया। इसी ट्रेलर के आगे चल रहा ट्रेलर ने अचानक ब्रेक लगा कर स्पीड धीरे कर ली थी। क्रेन से साइड करवा कर जाम खुलवाया ऐसे में, पीछे आ रहे कंक्रीट से भरे ट्रेलर के ड्राइवर ने ब्रेक लगाए तो ट्रेलर पलट गया। हादसे में ट्रेलर में भरी कंकरीट सड़क पर बिखर गई। जिससे हाईवे का एक तरफा रास्ता जाम हो गया। सूचना पर मौके पर पहुंचे और क्रेन की सहायता से ट्रेलर को सड़क किनारे करवाया और सड़क पर फैली कंकरीट को भी हटवाकर यातायात सुचारू किया।
सीतापुर के महोली कोतवाली क्षेत्र के पाल्हापुर गांव में एक युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। युवक ने एक दिन पहले भी फांसी लगाने का प्रयास किया था, लेकिन परिजनों ने उसे बचाकर चारपाई से बांध दिया था। रविवार को उसका शव गांव के बाहर एक बाग में साड़ी से लटका मिला। पेड़ से लटका शव दोपहर में ग्रामीणों ने देखा। तत्काल लोगों ने मृतक के परिवार को सूचना दी। सूचना के बाद मौके पर पहुंचे परिजनों में चीख-पुकार मच गई। परिजनों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। पुलिस के साथ फारेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्यों को इकट्ठा कर मामले की जांच शुरु कर दी। पढ़िए पूरी घटना… मृतक की पहचान मोनू (27) पुत्र स्व. मनोहर लाल के रूप में हुई है। शनिवार को मोनू ने शराब के नशे में परिजनों से झगड़ा किया था। इसके बाद उसने घर में ही फांसी लगाकर आत्महत्या करने का प्रयास किया। परिजनों ने उसे फंदे पर झूलने से पहले ही पकड़ लिया और आत्महत्या करने से रोकने के लिए चारपाई से बांध दिया था। देर रात मोनू किसी तरह बंधन से छूट गया और घर से बाहर भाग गया। परिजनों ने उसे तलाशने का प्रयास किया, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिला। रविवार सुबह गांव के बाहर पूरब की ओर शोभा दीक्षित पत्नी अनिल दीक्षित की बाग में उसका शव साड़ी से लटका हुआ पाया गया। पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा शव सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और फॉरेंसिक टीम को बुलाया गया। फॉरेंसिक टीम के पहुंचने के बाद पुलिस ने शव को पेड़ से उतारा। शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। ग्रामीणों ने बताया कि मोनू कई माह पहले जेल से छूटकर आया था। इससे पहले वह लखीमपुर जिले में नौकरी करता था, जहां एक मामले में नामजद होने के बाद उसे जेल हुई थी। जेल से छूटने के बाद उसने शराब पीना शुरू कर दिया था। बड़ागांव चौकी प्रभारी जीतेंद्र सिंह ने बताया कि शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
छिंदवाड़ा अंजुमन इस्लामुल मुस्लिमिन कमेटी ने रविवार शाम पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा। कमेटी ने हाल ही में आयोजित एक रैली में टी राजा सिंह के दौरान कथित रूप से दिए गए भड़काऊ भाषणों पर कड़ी आपत्ति जताते हुए संबंधित व्यक्तियों और रैली आयोजकों के खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। ज्ञापन में कमेटी के पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि रैली के दौरान समुदाय विशेष के विरुद्ध आपत्तिजनक और उकसावे भरे बयान दिए गए, जिससे समाज में भय और असुरक्षा का माहौल बना है। उनका कहना है कि इस प्रकार के बयान सामाजिक सौहार्द को बिगाड़ने वाले हैं और शहर की शांति व्यवस्था को प्रभावित कर सकते हैं। कमेटी ने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। सौहार्द बनाए रखना प्रशासन की जिम्मेदारीअंजुमन सदर आमसाल खान ने कहा कि छिंदवाड़ा जिले में सभी धर्मों के लोग लंबे समय से आपसी प्रेम और भाईचारे के साथ रहते आए हैं। उन्होंने कहा कि शहर की शांति व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन की जिम्मेदारी है। आमसाल खान ने यह भी कहा कि यदि भविष्य में इस प्रकार के आयोजन होते हैं, तो प्रशासन को पहले से निगरानी रखनी चाहिए और आवश्यक होने पर ऐसे आयोजनों पर पाबंदी लगाने पर विचार करना चाहिए। यह खबर भी पढ़ेंभाजपा विधायक बोले- 10-10 बांग्लादेशियों के सिर काटेंगे जहां-जहां हिंदुओं पर हमले होते हैं, वहां ओवैसी चुप रहते हैं। वंदे मातरम गाना होगा…वर्ना यहां से जाना होगा…।नहीं तो तेरी औकात बता देंगें ये बात तेलंगाना के भाजपा विधायक टी. राजा सिंह छिंदवाड़ा में सोमवार को आयोजित हिंदू गर्जना रैली में कही। टी. राजा ने कहा- कई नेता अलग-अलग क्षेत्रों में अलग-अलग तरह की भाषा और प्रतीकों का इस्तेमाल करते हैं। पूरी खबर पढ़ें…
भोपाल स्थित भारत भवन ने 13 फरवरी को अपना 44वां स्थापना दिवस मनाया। इस मौके पर 13-22 फरवरी तक विशेष समारोह आयोजन किया गया था। समापन 22 फरवरी को हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दीप प्रज्जवलित कर की। इस वर्ष समारोह की थीम कृतज्ञता और उत्सव रखी गई है। उद्घाटन के दिन राई नृत्य से शुरुआत हुई और समापन ओडिसी नृत्य प्रस्तुति के साथ हुआ। कार्यक्रम में बाहर से आए कलाकारों को भी सम्मानित किया गया। CM ने कहा- ये भवन इमारत नहीं जीवंत सांस्कृतिक केंद्र मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उद्धाटन समारोह में कहा था कि भारत भवन केवल एक इमारत नहीं बल्कि जीवंत सांस्कृतिक केंद्र है। यह कला और कलाकारों का संरक्षक संस्थान है। उन्होंने प्रसिद्ध बांसुरी वादक पद्म विभूषण पंडित हरिप्रसाद चौरसिया और ट्रस्टी पद्म श्री भूरी बाई का सम्मान शाल और श्रीफल देकर किया। सीएम ने आगे कहा कि कला समाज को जोड़ती है और आपसी दूरी कम करती है। भारत भवन ने भोपाल को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय सांस्कृतिक पहचान दिलाई है। राज्य सरकार ने भरोसा दिलाया है कि भविष्य में भी ऐसे संस्थानों को पूरा सहयोग दिया जाएगा, ताकि प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत आगे बढ़ती रहे। कला और संस्कृति का प्रमुख केंद्र पिछले 44 साल में भारत भवन ने देश भर के कलाकारों को मंच दिया है। यहां लोक कला और आधुनिक कला का सुंदर मेल देखने को मिलता है। यह संस्थान नए कलाकारों को अवसर देने के साथ साथ स्थापित कलाकारों को भी सम्मानित करता रहा है। 13 से 22 फरवरी तक हुआ विशेष कार्यक्रम 13 से 22 फरवरी तक चलने वाले इस समारोह में संगीत, नृत्य, नाटक, फिल्म प्रदर्शन, कविता पाठ, चर्चा, कला प्रदर्शनी और कला शिविर जैसे कार्यक्रम आयोजित किए गए। 13 फरवरी को राई नृत्य, 44 महिला कलाकारों की प्रदर्शनी, रंग संगीत और पंडित हरिप्रसाद चौरसिया का बांसुरी वादन हुआ। 14 फरवरी को ग्राफिक और सिरमिक कला शिविर की शुरुआत, राजा भोज पर चर्चा और तबला वादन हुआ। 15, 16 और 17 फरवरी को अभिनेता धर्मेंद्र की फिल्मों का प्रदर्शन, निमाड़ी और मालवी गीत, कथक नृत्य और नाटक मंचन हुआ। 18 फरवरी को फिल्म अनुपमा और नाटक डैडी, 19 फरवरी को संतूर वादन और नाटक आनंद मठ, 20 फरवरी को मालवी और भोजपुरी गायन तथा शास्त्रीय संगीत, 21 फरवरी को सारंगी वादन और कविता कहानी पाठ तथा 22 फरवरी को बुंदेली और बघेली गीतों के साथ ओडिसी नृत्य की प्रस्तुति के साथ समारोह का समापन किया गया। 1982 में हुआ था स्थापना भारत भवन की स्थापना 13 फरवरी 1982 को हुई थी। इसका उद्घाटन उस समय की प्रधानमंत्री श्रीमती इंदिरा गांधी ने किया था। यह बहु कला केंद्र है जहां साहित्य, संगीत, नृत्य, नाटक और चित्रकला को एक साथ मंच मिलता है। भवन का डिजाइन प्रसिद्ध वास्तुकार चार्ल्स कोरिया ने तैयार किया था। इसकी संरचना झील किनारे बने खुले आंगन और हरियाली के लिए जानी जाती है। भारत भवन से जुड़ीं हुई तस्वीरें देखें… ये खबर भी पढ़ें… भोपाल में मधुबनी आर्ट और तमिलनाडु के ऑर्गेनिक बीज भोपाल के गौहर महल में अनंत मंडी के 7 साल पूरे होने पर तीन दिवसीय अनंत महोत्सव का आयोजन हुआ। 20 से 22 फरवरी तक चले इस कार्यक्रम में जैविक किसान और स्थानीय हस्तशिल्प बाजार लगे। इसके अलावा तीनों दिन अलग-अलग तरीके के सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन हुआ, जिनमें कत्थक, ओपन माइक और बैंड परफॉर्मेंस शामिल है। पूरी खबर पढ़ें…
मध्य प्रदेश में आयोजित ‘द भोपाल फिल्म फेस्टिवल’ का आज आखिरी दिन था। दो दिनों तक चले इस फेस्टिवल में कुल 41 फिल्मों की स्क्रीनिंग हुई। आखिरी दिन भी दर्शकों की भीड़ देखने को मिली और आयोजन स्थल हाउसफुल रहा। ओपनिंग सेशन में बच्चों के लिए मास्टर क्लास‘द भोपाल फिल्म फेस्टिवल’ के प्रोड्यूसर शशांक राणे ने कहा कि ,'फेस्टिवल का ओपनिंग सेशन पूरी तरह हाउसफुल रहा। बच्चों के लिए डायरेक्शन पर मास्टर क्लास आयोजित की गई, जिसमें भोपाल की विभिन्न यूनिवर्सिटी के छात्र शामिल हुए। इस तरह का मंच पहली बार युवा प्रतिभाओं को मिला, जहां वे फिल्म निर्माण की बारीकियां समझ सके।' 25 फिल्में मध्य प्रदेश के युवा फिल्मकारों कीइस फेस्टिवल की खास बात यह रही कि 41 में से 25 फिल्में मध्य प्रदेश के युवा फिल्मकारों ने बनाई थीं। आयोजन का उद्देश्य प्रदेश की स्थानीय प्रतिभाओं को मंच देना था, जो सफल होता नजर आया। दर्शकों ने फिल्मों की सराहना की और फिल्मकारों से खुलकर बातचीत भी की। फिल्म पॉलिसी और सिंगल विंडो पर चर्चाफेस्टिवल में अचिन जैन, यशोवर्धन मिश्रा और अशोक मिश्रा भी मौजूद रहे। उनसें मध्य प्रदेश की फिल्म पॉलिसी और ‘मध्य प्रदेश की वॉयसेस’ विषय पर चर्चा हुई। बातचीत में बताया गया कि सरकार की सिंगल विंडो पॉलिसी से फिल्म प्रोजेक्ट्स को किस तरह फायदा मिल रहा है। वक्ताओं ने कहा कि प्रदेश में टैलेंट की भरमार है, लेकिन सही प्लेटफॉर्म नहीं मिल पाता था। यही मंच अब भोपाल फिल्म फेस्टिवल दे रहा है। अलग-अलग कैटेगरी में दिखीं फिल्मेंफेस्टिवल में फिक्शन, नॉन-फिक्शन, डॉक्यूमेंट्री और एनीमेशन फिल्मों का प्रदर्शन किया गया। प्रतियोगिता के लिए जनरल फिक्शन, जनरल नॉन-फिक्शन, विमेंस वॉयसेस और हार्ट ऑफ इंडिया जैसी चार कैटेगरी बनाई गई थीं। इनमें से दो श्रेणियां खास तौर पर मध्य प्रदेश के फिल्मकारों के लिए रखी गई थीं। हुमा कुरैशी रहीं खास आकर्षणफेस्टिवल के दौरान बॉलीवुड अभिनेत्री हुमा कुरैशी ने भी शिरकत की। उन्होंने दर्शकों और युवा फिल्मकारों से बातचीत की और उनके काम की सराहना की। उनकी मौजूदगी ने कार्यक्रम को और खास बना दिया। मनोज वाजपाई के फिल्म के साथ हुआ समापनआखिरी दिन 20 और फिल्मों का प्रदर्शन किया गया। साथ ही मध्य प्रदेश की फिल्म पॉलिसी पर एक विशेष सत्र आयोजित हुआ। फेस्टिवल की क्लोजिंग सेरेमनी फिल्म जुगनूमा के साथ हुई, जिसमें अभिनेता मनोज वाजपेयी जुड़े हैं। शाम को म्यूजिकल परफॉर्मेंस के साथ कार्यक्रम का भव्य समापन किया गया। चारों कैटेगरी के विजेता घोषित‘द भोपाल फिल्म फेस्टिवल’ के विजेताओं की घोषणा कर दी गई है। जनरल फिक्शन श्रेणी में कैलाश टॉकीज के लिए अर्पित नाग, फूल देई के लिए कार्तिक महाजन और यादों का पता के लिए कहकशां फातिमा और परवीन कुमार यादव को विजेता चुना गया। वहीं वीमेंस वॉइसेज श्रेणी में म्याऊ के लिए प्राची ठाकुर और गुंजन नरूला, मल्टीलिंगुअल के लिए दिलग्रेस कौर तथा द अदर फील्ड के लिए निधि नर्नवरे को सम्मान मिला। जनरल नॉन फिक्शन श्रेणी में ऑफ फॉरेस्ट्स एंड फुटप्रिंट्स के लिए श्रेया समवत्सर, नए किसान नई सीख के लिए प्रदीप लेकवार और संदीप भाटी तथा शी बिगिन्स टू लीड के लिए रोशनी चौहान को विजेता घोषित किया गया। इसके अलावा हार्ट ऑफ इंडिया श्रेणी में मन की उड़ान किस्सो की दुकान के लिए वर्षा रंसोरे, कॉल ऑफ द नाइट के लिए जुनैद अलावी और तहनलेली हाक के लिए अपूर्व गौतम को सम्मान मिला। सूची में रनर अप और पुरस्कार राशि की जानकारी नहीं दी गई है। यह खबर भी पढ़ें: 100 घंटे का दिव्यांग टी-20 क्रिकेट टूर्नामेंट का शुरू नेहरू नगर स्थित पुलिस लाइन ग्राउंड में शुक्रवार सुबह ‘राष्ट्रीय दिव्यांगजन क्रिकेट खेल महोत्सव 2026 - नॉट आउट @100’ का शुभारंभ हुआ। उद्घाटन अवसर पर मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इस आयोजन को क्रिकेट के क्षेत्र में एक अभिनव पहल बताया। पूरी खबर पढ़ें…
पश्चिम चंपारण के चनपटिया नगर पंचायत के वार्ड संख्या-2 स्थित मेला ग्राउंड में कचरा डंपिंग को लेकर कांग्रेस विधायक अभिषेक रंजन ने गंभीर चिंता व्यक्त की है। उन्होंने इस मुद्दे को जनस्वास्थ्य और पर्यावरण से जुड़ा बताते हुए राज्य सरकार से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। कचरा फेंकने से आसपास के क्षेत्रों में गंदगी-दुर्गंध विधायक द्वारा दी गई गैर-सरकारी संकल्प सूचना में कहा गया है कि मेला ग्राउंड शहर का एक प्रमुख सार्वजनिक स्थल है। वर्तमान में यहां बड़े पैमाने पर कचरा फेंका जा रहा है, जिससे आसपास के क्षेत्रों में गंदगी, दुर्गंध और संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। स्थानीय निवासियों में इस समस्या को लेकर आक्रोश है और वे लंबे समय से इसके समाधान की मांग कर रहे हैं। कचरा निस्तारण केंद्र स्थापित करने की मांग अभिषेक रंजन ने जोर दिया कि सार्वजनिक स्थल पर कचरा फेंकना न केवल पर्यावरण के लिए हानिकारक है, बल्कि बच्चों और बुजुर्गों के स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल प्रभाव डाल रहा है। उन्होंने मांग की कि मेला ग्राउंड को तुरंत कचरा मुक्त किया जाए और वहां प्रस्तावित चिल्ड्रन पार्क का निर्माण शीघ्र पूरा कराया जाए, ताकि नागरिकों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण मिल सके। इसके अतिरिक्त, विधायक ने शहर के लिए एक स्थायी कचरा निस्तारण केंद्र स्थापित करने की आवश्यकता पर भी बल दिया। उन्होंने उम्मीद जताई कि सरकार इस गंभीर जनसमस्या पर जल्द ही सकारात्मक कार्रवाई करेगी।

