उत्तर प्रदेश में रविवार को प्रदेश के पूर्वी और पश्चिमी दोनों संभागों में कहीं मध्यम तो कहीं भारी बारिश हुई। प्रयागराज में सर्वाधिक 93 मिमी, मुजफ्फरनगर में 90.3 और बाराबंकी में 65 मिमी वर्षा दर्ज हुई।
हिमाचल प्रदेश में 24 अगस्त से बारिश की तीव्रता कम होगी। 25-27 अगस्त तक छिटपुट बारिश और 28-29 अगस्त को फिर हल्की से मध्यम बारिश का अनुमान है।
छत्तीसगढ़ पुलिस पर गंभीर आरोप: कबूलनामे के लिए दो भाइयों को पीटा गया, मारपीट की शिकायत पर एएसपी की सफाई क्या?
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लखनऊ के गोसाईगंज के मीसा गांव निवासी श्रमिक रामतीरथ (35) की हत्या उसकी पत्नी, भाई और चचेरे भाई ने मिलकर की थी। आरोपियों ने पहले खीर में नशे की छह गोलियां देकर उसे बेहोश किया। इसके बाद ईंट से वार कर और कपड़े से मुंह दबाकर उसकी हत्या कर दी। शव को बोरे में भरकर बाराबंकी के सतरिख इलाके की सूखी नहर में फेंक दिया। बाराबंकी पुलिस ने मामले में 10 जुलाई को तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया था। हत्या का घटनास्थल गोसाईगंज थाना क्षेत्र में होने की पुष्टि के बाद केस अब गोसाईगंज पुलिस को ट्रांसफर कर दिया गया है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ हत्या की एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। 3 जुलाई से लापता था रामतीरथ रामतीरथ तीन जुलाई को अचानक लापता हो गया था। पांच जुलाई को उसका शव बाराबंकी के सतरिख इलाके में सूखी नहर में मिला था। उस समय शव की पहचान नहीं हो सकी थी। 10 जुलाई को सोशल मीडिया पर शव की फोटो देखकर रामतीरथ के पिता दयाराम ने उसकी पहचान की। पिता ने रामतीरथ की पत्नी रामदुलारी, बेटे अवधेश और भतीजे सरजीत पर हत्या का शक जताया था। पोस्टमार्टम में चेहरे पर चोट के निशान मिले थे, लेकिन मौत की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी थी। खीर में नशे की गोलियां मिलाकर ले गई पत्नी पुलिस पूछताछ में सामने आया कि तीन जुलाई की रात रामदुलारी ने रामतीरथ को खीर में नशे की छह गोलियां मिलाकर दी थीं। इसके बाद अवधेश उसे सरजीत के घर ले गया। वहां तीनों ने मिलकर रामतीरथ पर ईंट से वार किया और कपड़े से मुंह दबाकर उसकी हत्या कर दी। हत्या के बाद पांच जुलाई की भोर में अवधेश और सरजीत ने शव को बोरे में भरा। इसके बाद स्कूटी से शव को सतरिख ले जाकर सूखी नहर में फेंक दिया। अवैध संबंध और नशे की लत से बढ़ता था विवाद पुलिस के मुताबिक, जांच में सामने आया कि रामदुलारी के सरजीत से अवैध संबंध थे। वहीं, अवधेश नशे का आदी था। इन बातों को लेकर रामतीरथ का पत्नी और अन्य आरोपियों से कई बार विवाद हुआ था। पुलिस का कहना है कि इसी विवाद और अवैध संबंध के चलते तीनों ने मिलकर हत्या की साजिश रची। सहायक पुलिस आयुक्त गोसाईगंज ऋषभ यादव ने बताया कि जांच में हत्या का घटनास्थल सरजीत का मकान, गोसाईगंज सामने आया है। बाराबंकी से केस ट्रांसफर होने के बाद गोसाईगंज पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।
हरियाणा के शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा रविवार देर शाम को करनाल के कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज में अपने किसी निजी काम के लिए पहुंचे। इस दौरान मीडिया से बातचीत के दौरान मंत्री कांग्रेस पर जमकर बरसे। सबसे ज्यादा चर्चा रोहतक सांसद भूपेंद्र हुड्डा की उस पोस्ट पर हुई, जिसमें उन्होंने पूर्व कांग्रेस नेता सज्जन सिंह को अपना आइडियल बताया था। इस पर ढांडा ने सीधे हुड्डा पर हमला करने के बजाय सवाल को उन्हीं पर छोड़ते हुए कहा दोषी करार दिए गए व्यक्ति किसी के आदर्श हो सकते हैं तो इसका जवाब वही लोग दें, जो उन्हें अपना आइडियल मानते हैं। ढांडा ने कहा कि किसी को अपना आदर्श मानना व्यक्तिगत धारणा है। साथ ही उन्होंने कहा कि सज्जन सिंह को उच्च न्यायालय दोषी करार दे चुका था। उन्होंने कहा कि उनके लिए आदर्श वह व्यक्ति है, जो समाज में सकारात्मक योगदान दे और लोगों के लिए अच्छा काम करे। गेस्ट टीचरों पर सरकार का मंथन जल्द आ सकता है फैसलाकरनाल में शिक्षा मंत्री से जब गेस्ट टीचरों की मांगों को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि सरकार उनकी प्रमुख मांगों पर गंभीरता से विचार कर रही है। ढांडा ने संकेत दिया कि इस मामले में जल्द ही परिणाम सामने आ सकते हैं। उनके इस बयान से गेस्ट टीचरों की मांगों पर सरकार की ओर से जल्द कोई निर्णय लिए जाने की उम्मीद बढ़ी है। चीनी महंगी होने पर कांग्रेस के सवालों का जवाबचीनी के बढ़ते दामों को लेकर कांग्रेस के हमले पर भी ढांडा ने पलटवार किया। उन्होंने कांग्रेस नेताओं से सवाल किया कि उनके शासनकाल में जनता को कौन सी ऐसी सुविधाएं और राहत मिली थीं, जिन्हें वे आज सरकार को गिना सकते हैं। शिक्षा मंत्री ने कहा कि चीनी के दाम बढ़े हैं, इससे इनकार नहीं किया जा सकता। सरकार कीमतों पर नजर बनाए हुए है और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं। कालाबाजारी के आरोप पर बोले- ऐसा नहीं हुआचीनी के दाम बढ़ने के पीछे कालाबाजारी के सवाल पर ढांडा ने इससे साफ इनकार किया। उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि उसके शासनकाल में ऐसे मामलों में कालाबाजारी के आरोप सामने आते रहे हैं। उन्होंने कहा कि आज कांग्रेस के नेता सरकार पर व्यंग्यात्मक कटाक्ष कर रहे हैं, जबकि उनके शासनकाल में जनता की जेब काटने वालों को संरक्षण मिलने के आरोप लगते रहे हैं।
राजधानी में भीड़भाड़ और सार्वजनिक परिवहन के साधनों में चेन तोड़ने वाला महिला गिरोह सक्रिय है। आरोपियों ने समग्र शिक्षा कार्यालय में पदस्थ सहायक संचालक के गले से चेन तोड़कर वारदात को अंजाम दिया है। सहायक संचालक की शिकायत पर कोतवाली पुलिस ने केस दर्ज करके मामलें में जांच शुरु कर दी है। पीड़िता का नाम पुलिस द्वारा मंजू लता साहू बताया जा रहा है। अब पढ़े क्या है पूरा मामला पीड़िता मंजू लता साहू ने पुलिस को बताया कि वह जनता कॉलोनी, गुढ़ियारी में रहती हैं। 18 अगस्त को वह अपने परिचित के साथ एक्टिवा से कार्यालय जाने के लिए निकली थीं। बारिश तेज होने के कारण जेल रोड बस स्टॉप के पास उन्होंने एक्टिवा से उतरकर ई-रिक्शा लिया। उन्होंने चालक को बोर्ड ऑफिस जाने के लिए कहा। ई-रिक्शा चालक खालसा स्कूल होते हुए अंबेडकर चौक पहुंचा। यहां करीब छह महिलाएं ई-रिक्शा में सवार हो गईं। इसके बाद चालक आकाशवाणी चौक, जोगी बंगला होते हुए महिला पॉलीटेक्निक कॉलेज की तरफ जाने लगा। धक्का-मुक्की के बीच चोरी की आशंका पीड़िता के मुताबिक, ई-रिक्शा में सवारियों की संख्या बढ़ने के बाद बैठने में काफी परेशानी हो रही थी। इसी दौरान ई-रिक्शा में बैठी महिलाओं के बीच धक्का-मुक्की भी हुई। करीब 10:05 बजे पेंशनबाड़ा हमर क्लिनिक के पास पीड़िता ई-रिक्शा से उतर गईं। ई-रिक्शा के वहां से जाने के बाद उन्होंने अपने गले की ओर देखा तो सोने की चेन गायब थी। उन्होंने आशंका जताई कि ई-रिक्शा में सवार छह महिलाओं में से किसी ने भीड़ और धक्का-मुक्की का फायदा उठाकर उनकी करीब एक तोला वजन की सोने की चेन चोरी कर ली। पुलिस खंगाल रही सीसीटीवी फुटेज घटना की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस ई-रिक्शा के रूट और संबंधित स्थानों के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल सकती है। साथ ही ई-रिक्शा चालक और घटना के दौरान उसमें सवार महिलाओं की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है। मामले की जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि वारदात में किसी संगठित महिला गिरोह की भूमिका थी या नहीं।
ग्वालियर में एक युवती को शादी का झांसा देकर तीन साल तक शारीरिक शोषण करने वाले दतिया मेडिकल कॉलेज के स्टेनोग्राफर को बिजौली थाना पुलिस रविवार रात दतिया से दबोच लिया है। पकड़े गए आरोपी को पुलिस बिजौली लेकर पहुंची और पूछताछ करना शुरू कर दिया है। हालांकि पुलिस को देखते ही आरोपी ने भागने का प्रयास किया था, लेकिन उसे पकड़ लिया गया है। ऐसे समझिए पूरा मामला बिजौली थाना क्षेत्र निवासी 29 वर्षीय युवती की वर्ष 2023 में पहचान गंगापुर-बिलौआ निवासी परमार मिलन से हुई थी। दोनों के बीच दोस्ती हो गई और मोबाइल पर बातचीत होने लगी। 27 मई 2023 को परमार मिलन उसे गांव के पास पहाड़ी पर ले गया था, जहां शादी का भरोसा देकर उसके साथ संबंध बनाए। इसके बाद परमाल उसे कई अन्य स्थानों के साथ ही होटलों में ले गया और गलत काम किया। इसी दौरान आरोपी की नौकरी देवास कोर्ट में लग गई और वह नौकरी पर चला गया। तीन महीने पहले उसकी नौकरी दतिया मेडिकल कॉलेज में लग गई। इसके बाद भी वह उसे आश्वासन देता रहा और उसका शोषण करता रहा। शादी का दबाव बनाया तो तोड़ा वादा 17 जुलाई को जब युवती ने शादी का दबाव बनाया तो वह पहले की तरह ही उसे बहाना बनाकर टहलाने लगा। जब युवती ने उससे फाइनल तारीख देने को कहा तो वह अपने वादे से मुकर गया और शादी से इनकार कर दिया। साथ ही धमकी दी कि अगर यह बात किसी को बताई तो जान से खत्म कर देगा। मामले की शिकायत पुलिस से की तो पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया था। मामला दर्ज होते ही दतिया बनाया ठिकाना एसडीओपी बेहट मनीष यादव ने बताया कि थाना प्रभारी बिजौली सौरभ श्रीवास्तव के नेतृत्व में पुलिस टीम दबिश दे रही थी। तभी पता चला है कि पिछले तीन दिन से स्टेनोग्राफर घर नहीं आ रहा है और दतिया में ठिकाना बनाया है। इसका पता चलते ही पुलिस टीम दतिया पहुंची और आरोपी को गिरफ्तार कर लाई। पुलिस अब उससे पूछताछ करने में जुट गई है। वहीं, एएसपी शिवेश बघेल का कहना है कि युवती को शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने वाले आरोपी स्टेनोग्राफर को बिजौली थाना पुलिस ने दतिया से दबोचा है। पकड़े गए आरोपी से पुलिस पूछताछ में जुटी है।
इंदौर के लसूड़िया थाना क्षेत्र स्थित स्कीम नंबर 114 पार्ट-1 के होटल 'सिल्वर पैलेस' में राजपूत करणी सेना के कार्यकर्ताओं ने रविवार रात को हंगामा में कर दिया। उन्होंने होटल के कमरे में खजराना निवासी दो युवकों पर आरोप लगाए हैं कि वे एक हिंदू युवती को नशा करवाकर उसके साथ गलत काम कर रहे थे। बताया गया है कि सूचना मिलते ही करणी सेना के पदाधिकारी मौके पर पहुंचे। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने पहले अपनी पहचान छिपाने की कोशिश की और खुद को 'लक्की' बताया। कड़ाई से पूछताछ करने पर उनकी पहचान खजराना निवासी फैजान खान और अमन खान के रूप में हुई। फर्जी पुलिसवाला बनकर ब्लैकमेल करता है अमन हंगामे के दौरान आरोपी अमन खान मौके से भागने में सफल हो गया। संगठन के कार्यकर्ताओं का कहना है कि अमन फर्जी पुलिसवाला बनकर लोगों को एमडी रखकर फंसाने की धमकी देता है और ब्लैकमेल करता है। दोनों खजराना और आसपास के इलाकों में बड़े पैमाने पर एमडी ड्रग्स और गांजा बेचने का अवैध कारोबार करते हैं। मोबाइल में मिले अश्लील वीडियो, कमरे से आपत्तिजनक सामान बरामद फैजान का मोबाइल चेक करने पर कई युवतियों के साथ अश्लील फोटो, वीडियो और चैटिंग मिली है। इसके अलावा मोबाइल में गांजे, एमडी और चाकू के फोटो भी बरामद हुए हैं। होटल के कमरे से शराब की बोतलें, बड़ी मात्रा में कंडोम और सेक्स वर्धक गोलियां मिली हैं। पुलिस ने की प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करणी सेना के कार्यकर्ताओं ने आरोपी फैजान को पकड़कर लसूड़िया थाना पुलिस के हवाले कर दिया, जहां पुलिस ने उसके खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की है। पुलिस से की कार्रवाई की मांग मौके पर मौजूद करणी सेना के प्रदेश अध्यक्ष शैलेंद्र सिंह दीक्षित, रणविजय सिंह तोमर, कपिल कौशल और नवीन अग्रवाल सहित कई कार्यकर्ता मौजूद थे। संगठन ने फरार अमन की गिरफ्तारी और मामले में सख्त धाराओं में केस दर्ज करने की मांग की है। नशा उतरने पर युवक से पूछताछ करेंगे खजराना थाना प्रभारी राजकुमार यादव का कहना है कि करणी सेना के कार्यकर्ता एक फैजान नाम के युवक को लेकर आए हैं। वह बहुत ज्यादा नशे की हालत में है। उसके मोबाइल में आपत्तिजनक वीडियो, चाकू और गांजे की तस्वीरें मिली हैं। युवती को लेकर नशा उतरने पर पूछताछ करेंगे। अभी उसे थाने में बैठाकर प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की है।
तंत्र-मंत्र के नाम पर महिला से 6.50 लाख की ठगी:जेवर हड़पे, शारीरिक शोषण का आरोप, 5 पर FIR दर्ज
, आगरा के शमसाबाद क्षेत्र में तंत्र-मंत्र और झाड़-फूंक के नाम पर महिला से लाखों रुपये की ठगी और शारीरिक शोषण का मामला सामने आया है। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने तांत्रिक सहित पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है। बीमारी ठीक कराने गई थी तांत्रिक के पासपीड़िता शमसाबाद क्षेत्र की निवासी है। उसने पुलिस को बताया कि वह पिछले 9 महीने से बीमार चल रही थी। परिचित के कहने पर वह तंत्र-मंत्र से इलाज का दावा करने वाले तांत्रिक विनोद कुमार निवासी मलहेला, थाना डौकी, फतेहाबाद के पास गई। आरोप है कि तांत्रिक विनोद ने महिला को अपने तंत्र जाल में फंसाकर मानसिक रूप से प्रभाव में ले लिया। इसके बाद झांसा देकर उसका शारीरिक शोषण किया और ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। 6.50 लाख नकद और जेवर हड़पेमहिला ने बताया कि ब्लैकमेलिंग के जरिए तांत्रिक और उसके साथियों ने 6.50 लाख रुपये नकद, फोन-पे से कुछ रकम और आभूषण हड़प लिए। नकदी उसके पति ने मैक्स वाहन खरीदने के लिए रखी थी। आरोप है कि कुछ आभूषण तांत्रिक ने शमसाबाद के दुकानदार प्रवेश जैन के पास गिरवी रखवा दिए और कुछ अपने पास रख लिए। इस साजिश में तांत्रिक की पत्नी, बंटू, बहादुर, मलखान और अन्य अज्ञात लोग शामिल हैं। धमकी देकर बोला- पुलिस में गई तो अंजाम बुरा होगामहिला ने जब आपबीती पति को बताई तो पति ने आरोपित से पैसे और जेवर वापस मांगे। आरोप है कि तांत्रिक ने जान से मारने और पुलिस में जाने पर अंजाम भुगतने की धमकी दी। इंस्पेक्टर सुरेन्द्र राव ने बताया कि पीड़िता की तहरीर के आधार पर तांत्रिक सहित पांच के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले में कार्रवाई की जा रही है।
यूपी में देर रात बड़ा फेरबदल, 17 आईएएस अफसरों का तबादला, संगीता सिंह बनीं मुरादाबाद की कमिश्नर
योगी सरकार ने प्रशासनिक व्यवस्था में फेरबदल कर करते हुए 17 आईएएस अफसरों का तबादला कर दिया है। इनमें अलीगढ़ की मंडलायुक्त रहीं संगीता को मुरादाबाद का कमिश्नर नियुक्त किया गया है।
रामपुर में रविवार शाम करीब 4 बजे कोसी नदी में नहाते समय एक बच्चा गहरे पानी में जाकर डूबने लगा। इसी दौरान वहां से गुजर रहे समाज कल्याण विभाग के एडीओ राहुल यादव ने बिना देर किए नदी में छलांग लगा दी और बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। उनकी तत्परता से बड़ा हादसा टल गया। नहाते समय गहरे पानी में चला गया बच्चा जानकारी के अनुसार, सैनी कॉलोनी के चार-पांच बच्चे कोसी चौकी घाटमपुर के पास नदी में नहाने गए थे। नहाते समय अचानक एक बच्चा गहरे पानी में चला गया और डूबने लगा। बच्चे को डूबता देख एडीओ राहुल यादव ने तुरंत नदी में छलांग लगा दी। नदी से सुरक्षित बाहर निकाला राहुल यादव ने बच्चे को गहरे पानी से बाहर निकाल लिया। घटना की सूचना पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने सभी बच्चों को सुरक्षित उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिया। अभिभावकों को किया जागरूक एडीओ राहुल यादव ने बच्चों के परिजनों को बारिश के मौसम में विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी। उन्होंने बताया कि बारिश के कारण कोसी नदी का जलस्तर बढ़ा हुआ है। ऐसे में बच्चों को नदी, नाले और अन्य गहरे पानी वाले स्थानों पर जाने से रोकना जरूरी है। पुलिस ने भी सावधानी बरतने की अपील की चौकी प्रभारी सनी खाईवाल ने बताया कि सभी बच्चों को सुरक्षित उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया है। उन्होंने लोगों से अपील की कि बारिश के दौरान नदी और अन्य जलस्रोतों के पास बच्चों को अकेले न जाने दें। अपर जिलाधिकारी ने भी की अपील अपर जिलाधिकारी आनंद सिंह ने अभिभावकों से बच्चों की सुरक्षा को लेकर सतर्क रहने की अपील की है। उन्होंने कहा कि बच्चों को नदी, नालों और तालाबों के पास जाने से रोकें। राजस्व अधिकारी और पुलिस भी लगातार लोगों को सावधानी बरतने के लिए जागरूक कर रहे हैं।
यूपी सरकार ने रविवार रात 17 IAS अधिकारियों का तबादला कर दिया। अलीगढ़ की मंडलायुक्त संगीता सिंह को मुरादाबाद का नया मंडलायुक्त बनाया गया है। रामपुर में सपा नेता आजम खान का किला ढहाने वाले IAS आन्जनेय सिंह को 8वीं बार सेवा विस्तार नहीं मिला। उन्हें यूपी सरकार ने रिलीव कर दिया है। इससे उनका सिक्किम कैडर में लौटना तय हो गया है। हालांकि वे अब नई दिल्ली में सिक्किम के स्थानिक आयुक्त के पद पर तैनाती पाने का प्रयास कर रहे हैं। आन्जनेय सिंह 6 मार्च 2021 से 14 अगस्त 2026 तक करीब 5 साल और 5 महीने मुरादाबाद मंडल के कमिश्नर (मंडलायुक्त) रहे। 14 अगस्त को उनके सेवा विस्तार की अवधि खत्म हो गई थी। अगले दिन 15 अगस्त को वे मुरादाबाद डीएम राजेंद्र पेंसिया को अपना चार्ज देकर 2 माह की छुट्टी पर चले गए थे। चीनी किल्लत की खबरों के बीच IAS अमृतपाल कौर को बड़ी जिम्मेदारी प्रदेश में चीनी की किल्लत की खबरों के बीच बड़ा बदलाव किया गया है। 2019 बैच की IAS अधिकारी अमृतपाल कौर को उत्तर प्रदेश सहकारी चीनी मिल्स संघ लिमिटेड का संयुक्त प्रबंध निदेशक बनाया गया है। वह इससे पहले प्रतीक्षारत थीं। अमृतपाल कौर मूल रूप से पंजाब के गुरदासपुर जिले के नानोवाल खुर्द गांव की रहने वाली हैं। उन्होंने UPSC सिविल सेवा परीक्षा-2018 में देशभर में 44वीं रैंक हासिल की थी। इसके बाद उन्हें 2019 बैच में भारतीय प्रशासनिक सेवा के लिए चुना गया और उत्तर प्रदेश कैडर मिला। किसे-कहां मिली नई तैनाती, देखें लिस्ट विभाग क्यों बदले गए, वजह जानिए… डॉ. राजशेखर से नाराज थे मंत्री स्वतंत्रदेव यूपी जल निगम (ग्रामीण) के एमडी डॉ. राजशेखर को हटा दिया गया है। माना जा रहा है कि गांवों में हर घर नल योजना के क्रियान्वयन की शिकायतों के बाद उनका तबादला किया है। उन्हें नियोजन विभाग का सचिव बनाया गया है। शासन में इसे साइड लाइन पोस्टिंग मानी जाती है। राजशेखर की कार्यशैली से जलशक्ति मंत्री और विभाग के अपर मुख्य सचिव अनुराग श्रीवास्तव से नहीं बन रही थी। दोनों उनकी कार्यशैली से नाराज थे। पिछले दिनों एक बैठक में सीएम योगी आदित्यनाथ ने भी नाराजगी जाहिर की थी। राजशेखर की जगह सहकारिता विभाग के आयुक्त एवं निबंधक योगेश कुमार को जल निगम ग्रामीण का प्रबंध निदेशक जैसा महत्वपूर्ण पद दिया गया है। मंत्री दयाशंकर दयालु की नाराजगी के बाद हटीं चैत्रा वी. महानिदेशक आयुष एवं मिशन निदेशक राष्ट्रीय आयुष मिशन के पद पर तैनात चैत्रा वी. को साइडलाइन कर राजस्व परिषद में सदस्य (न्यायिक) बनाया गया है। चैत्रा वी. की विभाग के प्रमुख सचिव रंजन कुमार और विभागीय मंत्री दयाशंकर मिश्रा दयालु से नहीं पट रही थी। दोनों उनके कामकाज को लेकर नाराज थे। सीएम योगी तक मामला भी पहुंचा था। IAS चैत्रा वी तब सुर्खियों में आईं थी, जब अगस्त 2025 में लखनऊ के होटल कारोबारी नरेन राज पर मानसिक रूप से प्रताड़ित करने के गंभीर आरोप लगाए थे। इस मामले में आलमबाग थाने में FIR दर्ज कराई थी। चैत्रा वी का आरोप था कि कारोबारी उन्हें लगातार मानसिक रूप से परेशान कर रहा था। बड़े होटल उद्यमियों से परिचय कराने का दबाव बना रहा था। उनकी शिकायत के आधार पर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू की थी। कुमार प्रशांत को मिला महत्वपूर्ण पद लंबे समय से राज्य सूचना आयोग के सचिव पद पर तैनात कुमार प्रशांत को अब सहकारिता विभाग में आयुक्त एवं निबंधक बनाया गया है। वहीं, सचिवालय प्रशासन विभाग के सचिव गुर्राला श्रीनिवासुलु का तबादला कर उन्हें राज्य सूचना आयोग का सचिव बनाया गया है। प्रतीक्षारत आईएएस अधिकारी अमृतपाल कौर को उत्तर प्रदेश सहकारी चीनी मिल्स संघ का संयुक्त प्रबंध निदेशक बनाया गया है। वहीं, अपर आबकारी आयुक्त एवं सहकारी चीनी मिल्स संघ के संयुक्त प्रबंध निदेशक नवनीत सेहरा से संयुक्त प्रबंध निदेशक का कार्यभार वापस लिया गया है। रवींद्र कुमार से चार्ज वापस लिया समाज कल्याण विभाग के सचिव प्रमोद कुमार उपाध्याय का तबादला कर उन्हें ग्राम्य विकास आयुक्त बनाया गया है। नगर विकास विभाग के सचिव रवींद्र कुमार से एमडी यूपी जल निगम नगरीय और राज्य मिशन निदेशक अमृत का चार्ज वापस ले लिया गया है। उनकी जगह मासूम अली सरवर को इन दोनों पदों का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। उनसे नियोजन विभाग के सचिव का कार्यभार वापस लिया गया है। इसके अलावा कृषि उत्पादन आयुक्त शाखा के विशेष सचिव देवेंद्र कुमार पांडेय को उपभोक्ता मामले विभाग का विशेष सचिव बनाया गया है। LDA के सचिव पशुपालन विभाग में भेजे गए लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) के सचिव विवेक श्रीवास्तव का तबादला कर उन्हें पशुपालन विभाग में विशेष सचिव बनाया गया है। वहीं, उच्च शिक्षा विभाग के सचिव अमृत त्रिपाठी को राजस्व परिषद, प्रयागराज में सदस्य (न्यायिक) बनाया गया है। राजस्व परिषद के सदस्य (न्यायिक) ओमप्रकाश राय का तबादला कर उन्हें उच्च शिक्षा विभाग में विशेष सचिव की जिम्मेदारी दी गई है। …………………………… ये खबर भी पढ़ें… रक्षाबंधन पर 3 दिन बसों में मुफ्त सफर करेंगी महिलाएं:साथी पुरुष को भी छूट; योगी बोले- प्राइवेट गाड़ी वाले मनमानी न करें रक्षाबंधन पर यूपी में महिलाओं को योगी सरकार ने बड़ी सौगात दी है। महिलाएं 3 दिन रोडवेज बसों में मुफ्त यात्रा कर सकेंगी। यह सुविधा 27 अगस्त की सुबह 6 बजे से 29 अगस्त की रात 12 बजे तक मिलेगी। महिला के जा रहे पुरुष को भी यह सुविधा मिलेगी। पूरी खबर पढ़ें…
शासन ने रविवार देर रात अलीगढ़ की मंडल आयुक्त संगीता सिंह को मुरादाबाद का नया कमिश्नर नियुक्त किया है। इसके साथ ही यह साफ हो गया है कि आजम खां पर कड़ी कार्रवाई करने वाले चर्चित आईएएस आन्जनेय सिंह को सरकार यूपी में सेवा विस्तार देने नहीं जा रही है। इस तबादला आदेश के साथ यूपी से आईएएस आन्जनेय सिंह की विदाई करीब-करीब तय मानी जा रही है। हालांकि, सूत्रों का कहना है कि यूपी सरकार की ओर से उन्हें एक्सटेंशन की फाइल केंद्र को भेजी गई है और उन्हें यूपी में ही कोई नई जिम्मेदारी दी जा सकती है। यूपी सरकार ने रविवार देर रात 17 सीनियर आईएएस अफसरों के तबादले किए। इनमें आन्जनेय सिंह के अवकाश पर जाने के बाद से रिक्त चल रही मुरादाबाद के मंडलायुक्त की कुर्सी पर 2009 बैच की आईएएस संगीता सिंह की तैनाती की गई है। इस पोस्टिंग के साथ ही उन चर्चाओं पर भी विराम लग गया है, जिसमें कहा जा रहा था कि आईएएस आन्जनेय सिंह दोबारा से इसी पद पर लौटेंगे। पहले देखिए देर रात जारी 17 आईएएस अफसरों की तबादला सूची कौन हैं सगीता सिंहसंगीता सिंह 1994 बैच की पीसीएस अधिकारी हैं। वे मूल रूप से इटावा जिले की रहने वाली हैं। 2009 में वे प्रमोट होकर आईएएस बनीं। सुल्तानपुर की डीएम रह चुकी हैं। इन दिनों मुरादाबाद ट्रांसफर होने से पहले अलीगढ़ की कमिश्नर हैं। कमिश्नर के पद पर आन्जनेय ने बनाया रिकॉर्ड मुरादाबाद कमिश्नर के पद पर आन्जनेय सिंह ने नया रिकॉर्ड बनाया है। 6 मार्च 2021 को आन्जनेय सिंह ने मुरादाबाद के कमिश्नर पद पर चार्ज लिया था। वह 14 अगस्त 2026 तक इस पद पर रहे। यूपी में कार्यकाल पूरा होने पर उन्होंने 14 फरवरी 2026 की शाम को अपना चार्ज डीएम मुरादाबाद डॉ. राजेन्द्र पैंसिया को सौंप दिया था और छुट्टी पर चले गए थे। इस दौरान वे 5 साल 5 महीने और 8 दिन मुरादाबाद के कमिश्र रहे। 2005 बैच के सिक्किम कैडर के IAS हैं आन्जनेय सिंह आन्जनेय सिंह मूल रूप से यूपी के मऊ जिले में सलाहादबाद गांव के रहने वाले हैं। सिक्किम कैडर के 2005 बैच के IAS अधिकारी हैं। 16 फरवरी 2015 को वह सपा सरकार के समय में प्रतिनियुक्ति पर उत्तर प्रदेश आए थे। राजनाथ सिंह की सिफारिश पर अखिलेश यादव उन्हें यूपी में लेकर आए थे। प्रदेश में योगी सरकार बनने के बाद 19 फरवरी 2019 को आन्जनेय कुमार सिंह को रामपुर का DM बनाया गया था। आन्जनेय करीब 2 साल तक रामपुर के डीएम रहे। प्रमोशन के बाद प्रदेश सरकार ने उन्हें 5 मार्च 2026 को मुरादाबाद मंडल का कमिश्नर बना दिया गया। 6 मार्च 2021 से आन्जनेय मुरादाबाद के कमिश्नर थे। केंद्र सरकार ने उन्हें यूपी में 7 बार सेवा विस्तार दिया था।
ITO पर दो कारों की जोरदार टक्कर, दिल्ली-कर्नाटक के विधायक समेत कई लोग घायल; लगा लंबा जाम
मध्य दिल्ली के आइपी एस्टेट में रविवार रात दो कारों की टक्कर में किराड़ी के विधायक अनिल झा और कर्नाटक के विधायक अभय पाटिल मामूली रूप से घायल हो गए। उन्हें एलएन अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी हालत स्थिर है और पुलिस मामले की जांच कर रही है।
आइबी ने दिल्ली पुलिस के लिए प्रदर्शनों से निपटने के नए दिशानिर्देश जारी किए हैं। ये निर्देश पुलिसकर्मियों को शांत रहने, उकसावे में न आने और अपनी हर गतिविधि को रिकॉर्ड किए जाने के प्रति सतर्क रहने की हिदायत देते हैं।
जिला परिषद सदस्य जहांआरा बेगम का निधन:कटिहार में कांग्रेस नेताओं, सांसद तारिक अनवर ने श्रद्धांजलि दी
कटिहार जिले के मनसाही में जिला परिषद सदस्य जहांआरा बेगम का आकस्मिक निधन हो गया। वह समाजसेवी खुर्शीद आजाद की पत्नी थीं। उनके निधन पर कांग्रेस नेताओं और कटिहार सांसद तारिक अनवर ने संवेदना व्यक्त की है। सांसद तारिक अनवर के आवासीय कार्यालय परिसर में सांसद प्रतिनिधि सुनील कुमार यादव के नेतृत्व में एक शोक सभा का आयोजन किया गया। इसमें बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता शामिल हुए। शोक सभा के दौरान सभी ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत जहांआरा बेगम को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। सांसद तारिक अनवर ने जहांआरा बेगम के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि उनका असामयिक निधन दुखद और एक महत्वपूर्ण क्षति है। उन्होंने बताया कि सामाजिक क्षेत्र में उनकी सक्रियता और लोगों से उनका जुड़ाव हमेशा याद किया जाएगा। सांसद ने इस दुख की घड़ी में शोक संतप्त परिवार के साथ होने की बात कही और ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। सांसद प्रतिनिधि सुनील कुमार यादव ने कहा कि जहांआरा बेगम के निधन से सभी लोग दुखी हैं। उनका निधन परिवार के साथ-साथ क्षेत्र के लिए भी एक बड़ी क्षति है। उन्होंने बताया कि जहांआरा बेगम सामाजिक कार्यों में सक्रिय रहती थीं और लोगों के सुख-दुख में हमेशा साथ खड़ी रहती थीं। उन्होंने शोकाकुल परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की। शोक सभा में दिलीप विश्वास, प्रोफेसर विनोद यादव, शाहनवाज खान, सुनीता देवी, अवधेश मंडल, संजय सिंग, बिमल बेगानी, कुमार गौरव, अरुण पियाश, मेजर जमाल, मोहम्मद रियाज, मोहम्मद असलम, अर्जुन उरांव, पंकज तंबाकू वाला, सिंकू मिश्रा, आनंद सिंह, आम्रपाली यादव, डॉ विपिन सिंह, भुवन अग्रवाल सहित कई कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
मैनपुरी में रक्षाबंधन से पहले मिलावटखोरों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा। पुलिस और खाद्य विभाग की टीम ने रविवार रात करीब 8 बजे शहर कोतवाली क्षेत्र के खटीकपुर में छापा मारा। एक मकान से करीब 500 लीटर सिंथेटिक दूध बरामद किया गया। मौके से रिफाइंड ऑयल, यूरिया और दूध तैयार करने में इस्तेमाल होने वाले अन्य पदार्थ भी मिले। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मुखबिर की सूचना पर घर में मारा छापा पुलिस के अनुसार, कोतवाली पुलिस, मीडिया सेल और एवीटी टीम को सूचना मिली थी कि खटीकपुर में दो लोग घर पर सिंथेटिक दूध तैयार कर रहे हैं। बताया गया कि तैयार दूध को बाजार में बेचने की तैयारी थी। सूचना के आधार पर संयुक्त टीम ने मकान पर छापा मारा। दूध के साथ मिलावटी पदार्थ बरामद तलाशी के दौरान करीब 500 लीटर सिंथेटिक दूध मिला। इसके अलावा रिफाइंड ऑयल, यूरिया और दूध में मिलावट के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले अन्य पदार्थ भी बरामद किए गए। बड़ी मात्रा में दूध मिलने के बाद खाद्य विभाग की टीम को मौके पर बुलाया गया। सैंपल जांच के लिए भेजे खाद्य विभाग के अधिकारियों ने बरामद दूध के नमूने लिए हैं। इन्हें प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजा गया है। जांच रिपोर्ट आने के बाद दूध में इस्तेमाल किए गए पदार्थों और खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन की स्थिति स्पष्ट होगी। दो आरोपी गिरफ्तार पुलिस ने मौके से नेत्रपाल पुत्र राम सिंह और रिंकू पुत्र राम सिंह, दोनों निवासी खटीकपुर, थाना कोतवाली मैनपुरी को गिरफ्तार किया है। दोनों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि सिंथेटिक दूध तैयार करने का काम कब से चल रहा था और इसकी सप्लाई किन दुकानों या बाजारों में की जानी थी। इन टीमों ने की कार्रवाई कार्रवाई में मीडिया सेल प्रभारी निरीक्षक जितेंद्र सिंह चंदेल, एवीटी प्रभारी उपनिरीक्षक महेंद्र प्रताप सिंह और कोतवाली पुलिस टीम शामिल रही। खाद्य विभाग की ओर से मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी ए.के. पाठक, खाद्य सुरक्षा अधिकारी इंद्रजीत सिंह और बृजेंद्र कुमार ने मौके पर पहुंचकर दूध के सैंपल लिए।
हमाम में सब नंगे हैं, लेकिन इस हद तक; IAS रिंकू सिंह ने नगर पालिका के अफसरों पर साधा निशाना
आईएएस एवं एसडीएम न्यायिक रिंकू सिंह राही फिर चर्चा में हैं। उन्होंने एक्स पर नगर पालिका के अधिकारियों पर निशाना साधते हुए बैकडेट में हस्ताक्षर करने को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने विकास कार्यों के रिकॉर्ड नहीं देने और जांच में सहयोग न करने का भी आरोप लगाया। पोस्ट वायरल होने से प्रशासन में हलचल है।
जौनपुर में लगातार हो रही बारिश और कई इलाकों में जलभराव की स्थिति को देखते हुए जिलाधिकारी के आदेश पर 24 अगस्त को कक्षा 1 से 8 तक के सभी विद्यालय बंद रहेंगे। बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने एक दिन के लिए शिक्षण कार्य स्थगित करने का निर्णय लिया है। सभी बोर्ड के स्कूलों पर लागू होगा आदेश जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी की ओर से जारी निर्देश के अनुसार, 24 अगस्त को जिले के सभी परिषदीय, मान्यता प्राप्त, सहायता प्राप्त विद्यालयों के साथ सीबीएसई, आईसीएसई और उत्तर प्रदेश बोर्ड से संचालित कक्षा 1 से 8 तक के स्कूलों में शिक्षण कार्य नहीं होगा। BEO को आदेश का पालन कराने के निर्देश जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को आदेश का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं। साथ ही संबंधित विद्यालयों तक तत्काल सूचना पहुंचाने को कहा गया है। जलभराव को देखते हुए लिया गया फैसला प्रशासन के अनुसार, जिले के कई इलाकों में अत्यधिक बारिश के कारण जलभराव की स्थिति बनी हुई है। ऐसे में छोटे बच्चों को स्कूल आने-जाने में परेशानी और जोखिम हो सकता है। इसी को देखते हुए प्रशासन ने 24 अगस्त को कक्षा 1 से 8 तक के विद्यालय बंद रखने का फैसला लिया है।
सारण में रविवार रात 9 बजे 18 चक्का हाइवा ने ई-रिक्शा को रौंद दिया। इसमें एक ही परिवार के 3 लोगों समेत 4 की मौत मौके पर हो गई है। वहीं, 5 से ज्यादा लोग घायल हैं। हादसा छपरा-मुजफ्फरपुर NH-722 पर भेल्दी थाना क्षेत्र के टोल प्लाजा के पास हुआ। मृतकों में मां-बेटी और ससुर के अलावा एक साइकिल सवार भी शामिल है। वहीं, ई-रिक्शा के ड्राइवर समेत तीन लोग घायल बताए जा रहे हैं। घायलों को इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मकेर में भर्ती कराया गया है। मृतकों की पहचान अमनौर थाना क्षेत्र के सुल्तानगंज निवासी फारूक मियां, उनकी बहू शहीदा खातून, पोती शाना प्रवीण और सोनहो निवासी दीपन पंडित के बेटे सुरेश पंडित के रूप में हुई है। घायलों में इरशाद, इलियास अंसारी के बेटे दिलशाद अंसारी और आलमगीर अंसारी के बेटे जुनैद अंसारी शामिल हैं। इलाज कराकर लौट रहे थे, रास्ते में मौत ने घेरा जानकारी के अनुसार, अमनौर थाना क्षेत्र के सुल्तानगंज निवासी फारूक मियां (60) इलाज कराने के लिए अपनी पतोहू और परिवार के अन्य सदस्यों के साथ टोटो से गरखा गए थे। इलाज कराने के बाद सभी लोग टोटो से वापस अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान जब उनका टोटो भेल्दी थाना क्षेत्र के टोल प्लाजा के समीप पहुंचा, तभी सामने से तेज रफ्तार में आ रहा हाइवा अनियंत्रित हो गया। मकेर की ओर से छपरा की तरफ जा रहे हाइवा ने टोटो को सामने से जोरदार टक्कर मार दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि टोटो के परखच्चे उड़ गए और उसमें बैठे लोग सड़क पर जा गिरे। हादसे में टोटो सवार फारूक मियां (60) और उनके बेटे इब्राहिम मियां की पत्नी शहीदा खातून (35) की मौके पर ही मौत हो गई। दोनों के शव सड़क पर पड़े देख मौके पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी और घायलों को बाहर निकालने में जुट गए।
पटना में रोजगार मेला खत्म होते ही सम्राट चौधरी ने हर जिले के लिए कर दिया ऐलान, बंपर नौकरियां मिलेंगी
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने पटना में रोजगार मेला खत्म होते ही हर जिले के लिए बड़ा ऐलान कर दिया है। अगले साल से बिहार के सभी जिलों में रोजगार मेला लगाए जाएंगे, जहां युवाओं को देश-विदेश की कंपनियों में बंपर नौकरियों का मौका मिलेगा।
दिल्ली के कनॉट प्लेस में जुटे आरक्षण विरोधी प्रदर्शनकारी, दर्जनभर से ज्यादा हिरासत में
कनाट प्लेस में आरक्षण नीति, 'यूजीसी इक्विटी रेगुलेशन 2026' और रोस्टर सिस्टम के विरोध में प्रदर्शन हुआ। पुलिस ने बिना अनुमति प्रदर्शन कर रहे दर्जनभर से अधिक लोगों को हिरासत में लिया और बाद में छोड़ दिया।
फर्रुखाबाद के शमशाबाद थाना क्षेत्र के अमलेया आशानंद गांव में रविवार देर शाम मोबाइल पर बात करने के दौरान हुई गलतफहमी ने विवाद का रूप ले लिया। आरोप है कि पड़ोसी को गाली देने की बात समझकर दूसरे पक्ष के लोगों ने युवक पर लाठी-डंडों और धारदार हथियार से हमला कर दिया। कुल्हाड़ी से हमला किए जाने से विकास गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें पहले सीएचसी शमशाबाद ले जाया गया, जहां से लोहिया अस्पताल रेफर किया गया। घटना में दूसरे पक्ष के मेसर अली भी घायल हुए हैं। मोबाइल पर बात करते समय गाली देने को लेकर हुआ विवाद गांव निवासी विकास रविवार देर शाम रास्ते से गुजरते समय मोबाइल पर किसी से बात कर रहे थे। इस दौरान वह गाली दे रहे थे। पड़ोसी मेसर अली और उनके पक्ष के लोगों को लगा कि विकास उन्हें गाली दे रहे हैं। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी शुरू हो गई। कुछ ही देर में विवाद बढ़ गया और दोनों पक्षों में मारपीट शुरू हो गई। विकास का आरोप है कि दूसरे पक्ष के लोगों ने लाठी-डंडों और धारदार हथियार टकोरा से हमला किया। इसी दौरान उन पर कुल्हाड़ी से भी वार किया गया। हमले में उनके सिर समेत शरीर पर गंभीर चोटें आईं। सात टांके लगे, हायर सेंटर रेफर घायल विकास को परिजन सीएचसी शमशाबाद लेकर पहुंचे। हालत गंभीर होने पर डॉक्टरों ने उन्हें लोहिया अस्पताल रेफर कर दिया। घायल के सात टांके लगाए गए हैं। इसके बाद उन्हें हायर सेंटर रेफर किया गया। वहीं दूसरे पक्ष के मेसर अली भी मारपीट में घायल हुए हैं। उनके सिर में चोट आई है और उनका उपचार सीएचसी शमशाबाद में चल रहा है। रास्ते को लेकर एक साल से चल रहा विवाद विकास ने बताया कि मेसर अली और उनके बीच रास्ते को लेकर करीब एक साल से विवाद चल रहा है। आरोप है कि मेसर अली ने सड़क पर अपनी दीवार तिरछी बना दी है, जिससे रास्ता बाधित होता है। विकास के मुताबिक, इसी विवाद को लेकर पहले भी दोनों पक्षों के बीच तनातनी रही है। विकास का आरोप है कि रविवार को जब वह किसी काम से जा रहे थे, तभी दूसरे पक्ष के लोगों ने उन्हें रोक लिया और विवाद शुरू कर दिया। उन्होंने रास्ते के पुराने विवाद को भी हमले की एक वजह बताया है। पुलिस ने तहरीर लेकर शुरू की कार्रवाई घटना की जानकारी मिलने पर अपर पुलिस अधीक्षक गिरीश कुमार सिंह लोहिया अस्पताल पहुंचे और घायल विकास से घटना की जानकारी ली। शमशाबाद थानाध्यक्ष सचिन चौधरी ने बताया कि दोनों पक्षों के बीच रास्ते को लेकर विवाद है। एक घायल का उपचार लोहिया अस्पताल में और दूसरे का सीएचसी शमशाबाद में चल रहा है। पुलिस को तहरीर मिल गई है। मुकदमा दर्ज कर मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
चंदौली के चहनियां क्षेत्र स्थित रानेपुर गांव के किराना व्यवसायी विजय गुप्ता (36 वर्ष) का रविवार शाम निधन हो गया। वे एक माह पूर्व सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गए थे और वाराणसी के एक निजी अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। लगभग एक माह पहले विजय गुप्ता की दुकान में अज्ञात कारणों से आग लग गई थी। उस समय वे मुगलसराय में थे। मुगलसराय से वापस आते समय उनकी मोटरसाइकिल अनियंत्रित होकर एक विद्युत पोल से टकरा गई थी, जिससे वे बुरी तरह घायल हो गए थे। दुर्घटना के बाद उन्हें वाराणसी के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। लगभग एक महीने तक चले इलाज के बाद रविवार शाम को उन्होंने दम तोड़ दिया। विजय गुप्ता का शव देर शाम उनके पैतृक निवास रानेपुर पहुंचा। उनके निधन से चहनियां बाजार में शोक का माहौल है। विजय गुप्ता की शादी सकलडीहा ब्लॉक के खोर निवासी सुमन गुप्ता से हुई थी। उनके तीन बच्चे हैं - अरुण, शिवा और वैभवी। परिवार में उनकी माता शहजादी देवी और भाई अजय गुप्ता भी हैं। विजय गुप्ता का अंतिम संस्कार देर रात बलुआ स्थित गंगा घाट पर किया गया।
गोरखपुर में गूंजा मोहब्बत और भाईचारे का पैगाम:ईद मिलाद-उन-नबी पर इंसानियत- एकता का दिया संदेश
गोरखपुर के न्यू चिलमापुर कॉलोनी में देर शाम ईद मिलाद-उन-नबी के मौके पर आयोजित जलसा-ए-इस्लाह-ए-मुआशरा में मोहब्बत, भाईचारे और इंसानियत का संदेश बुलंद हुआ। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का संकल्प लिया गया। जलसे की शुरुआत हाफिज आरिफ रजा की तिलावत-ए-कुरआन से हुई। इसके बाद सद्दाम खान और हाफिज आरिफ ने नात-ए-पाक पेश कर पूरे माहौल को रूहानियत से भर दिया, जिससे मौजूद लोग भावुक हो उठे। मुख्य वक्ता मुहम्मद अनस नक्शबंदी ने अपने प्रभावशाली संबोधन में कहा कि समाज को बेहतर बनाने के लिए हर व्यक्ति को अपने घर और अपने व्यवहार से शुरुआत करनी होगी। उन्होंने कहा कि सच्चाई, ईमानदारी, इंसाफ, बुजुर्गों का सम्मान और जरूरतमंदों की मदद जैसे गुण ही एक मजबूत और बेहतर समाज की पहचान हैं। पैगंबर की शिक्षाओं पर चलने का आह्वान उन्होंने कहा कि ईद मिलाद-उन-नबी सिर्फ जश्न का दिन नहीं, बल्कि पैगंबर-ए-इस्लाम हजरत मुहम्मद ﷺ के जीवन और उनकी शिक्षाओं को अपने जीवन में उतारने का मौका है। उनके बताए रास्ते पर चलकर ही समाज में प्रेम, दया और इंसानियत को बढ़ाया जा सकता है। जलसे में युवाओं की भूमिका पर खास जोर दिया गया। अनस नक्शबंदी ने कहा कि युवा समाज की सबसे बड़ी ताकत हैं, इसलिए उन्हें शिक्षा, अच्छे संस्कार और सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ना चाहिए। नशे, गलत संगत और बेवजह के विवादों से दूर रहकर अपने भविष्य और समाज की तरक्की में योगदान देना चाहिए। रिश्तों में मजबूती और आपसी समझदारी पर जोर वक्ताओं ने परिवार और पड़ोस के रिश्तों को मजबूत करने की अपील की। उन्होंने कहा कि छोटी-छोटी बातों पर विवाद करने के बजाय बातचीत और समझदारी से समस्याओं का समाधान निकालना चाहिए। इससे समाज में आपसी विश्वास और सौहार्द बढ़ता है। आयोजकों ने बताया कि ऐसे जलसों का मकसद सिर्फ धार्मिक कार्यक्रम करना नहीं, बल्कि लोगों को अपने जीवन में अच्छे बदलाव लाने के लिए प्रेरित करना भी है। अमन-शांति और भाईचारा बनाए रखना हर नागरिक की जिम्मेदारी है। इन लोगों ने निभाई अहम भूमिका कार्यक्रम को सफल बनाने में इमरान भाई उर्फ इमू, खालिद, समीर रजा, अब्दुल अहद, सद्दाम, अतीकुर्रहमान, फैज अहमद, औसाफ अली, अल्यान रजा, मुजफ्फर हसनैन रूमी और शादाब सिद्दीकी सहित कई लोगों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। जलसे के समापन पर देश और समाज में अमन-चैन, भाईचारा और तरक्की के लिए सामूहिक दुआ की गई। मौजूद लोगों ने एक-दूसरे को मिलाद की मुबारकबाद दी और भाईचारे का संदेश आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।
गगहा क्षेत्र में रविवार शाम तेज हवा और बारिश के कारण बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। मझगांवा विद्युत उपकेंद्र के अंतर्गत आने वाले चारों फीडर प्रभावित हुए, जिसके बाद करीब तीन घंटे की मशक्कत के बाद आपूर्ति बहाल की जा सकी। तेज बारिश और हवा के चलते हाटा, मझगांवा, गगहा और उज्जरपार फीडर की बिजली गुल हो गई। क्षेत्र में कई जगहों पर पेड़ की टहनियां गिरने और अन्य तकनीकी खराबी (ब्रेकडाउन) के कारण आपूर्ति बाधित हुई थी। सूचना मिलते ही विद्युत उपकेंद्र के कर्मचारी तत्काल आपूर्ति बहाल करने में जुट गए। उन्होंने प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया और खराबी को ठीक करने का काम शुरू किया। विद्युत कर्मचारियों के अथक प्रयासों से लगभग तीन घंटे बाद क्षेत्र में बिजली आपूर्ति सामान्य हो सकी।
शहर के इस्कॉन मंदिर में प्रेम, भक्ति और आनंद के प्रतीक झूलन यात्रा महोत्सव का रविवार को भक्तिमय माहौल में भव्य शुभारंभ हुआ। पवित्रोपन एकादशी के मौके पर शुरू हुए इस उत्सव में हजारों श्रद्धालुओं ने मंदिर पहुंचकर भगवान श्री श्री राधा माधव के दर्शन किए और श्रद्धापूर्वक झूला झुलाया। यह महोत्सव 28 अगस्त (श्री बलराम पूर्णिमा) तक चलेगा। महोत्सव के लिए मंदिर प्रांगण को विशेष रूप से वृंदावन के निकुंजों की तर्ज पर सजाया गया है। सुंदर फूलों, फलों और लताओं से सुसज्जित झूले पर विराजमान श्री श्री राधा माधव की मनोहारी झांकी हर किसी को अपनी ओर आकर्षित कर रही है। हर साल इस्कॉन द्वारा दुनिया भर में झूलन यात्रा का आयोजन किया जाता है, जो भगवान श्री कृष्ण और श्रीमती राधारानी के मधुर प्रेम और लीलाओं का प्रतीक है। मृदंग और करताल की गूंज, संकीर्तन में झूमे श्रद्धालु समारोह के दौरान पूरा मंदिर परिसर हारमोनियम, मृदंग और करताल की मधुर ध्वनियों से गूंज उठा। श्रद्धालुओं ने संकीर्तन में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। इस दौरान पूरा वातावरण कृष्ण-भक्ति के रंग में रंगा नजर आया। इस्कॉन कानपुर के मंदिर अध्यक्ष श्रीमान प्रेम हरिनाम प्रभु जी ने शहरवासियों से इस दिव्य उत्सव में शामिल होने की अपील की है। 28 अगस्त तक रोज शाम 7 बजे से झुला सकेंगे झूला मंदिर प्रशासन के मुताबिक, 28 अगस्त तक हर शाम 7 बजे से झूलन उत्सव आयोजित किया जाएगा, जहां आम श्रद्धालु भी भगवान को झूला झुला सकेंगे। 28 अगस्त को ही भगवान श्री कृष्ण के बड़े भाई श्री बलराम जी का प्राकट्य उत्सव (बलराम जयंती) भी बड़े धूमधाम से मनाया जाएगा। 3 से 6 सितंबर तक चार दिवसीय जन्माष्टमी महोत्सव झूलन यात्रा के साथ ही इस्कॉन मंदिर में आगामी जन्माष्टमी महोत्सव की तैयारियां भी तेज हो गई हैं। 3 से 6 सितंबर 2026 तक चार दिवसीय जन्माष्टमी महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। इसमें 4 सितंबर को श्री कृष्ण जन्माष्टमी और 5 सितंबर को इस्कॉन के संस्थापक आचार्य श्रील प्रभुपाद जी की व्यास पूजा भव्य रूप से मनाई जाएगी। इस दौरान लाखों श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए व्यापक इंतजाम किए जा रहे हैं।
लखनऊ में विश्व कायस्थ संस्थान की ओर से आयोजित हरियाली तीज समारोह सावन के रंगों, लोकगीतों और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से सराबोर रहा। रिमझिम फुहारों के बीच महिलाओं ने पारंपरिक गीतों और नृत्य से समां बांध दिया। कार्यक्रम की शुरुआत भगवान चित्रगुप्त की पूजा और दीप प्रज्ज्वलन से हुई। इस अवसर पर यशी श्रीवास्तव ने ‘एक दंताय’ पर गणेश वंदना प्रस्तुत की। मिथिलेश श्रीवास्तव ने भोजपुरी भजन ‘गुरु चरण मिलेला बड़ी भाग्य से’ सुनाया, जबकि बीना सक्सेना के अवधी गीत ‘हमका सावन में झूलनी गढ़ाई दे पिया’ ने लोक संस्कृति की छटा बिखेरी। मंजुला श्रीवास्तव, आरती श्रीवास्तव और सविता श्रीवास्तव ने मिलकर कजरी ‘पिया मेहंदी मंगा दे मोती झील से’ प्रस्तुत की। नृत्य कर सावन की उमंग को जीवंत किया श्रुति श्रीवास्तव ने ‘अब के सजन सावन में’ गीत से फिल्मी संगीत का रंग घोला। अनीता रानी श्रीवास्तव ने ‘हमका धीरज दिए जाना’ गीत सुनाकर दर्शकों की तालियां बटोरीं। छाया सक्सेना ने ‘सावन में मोरनी बनके’ पर नृत्य कर सावन की उमंग को जीवंत किया। बाल कलाकार शौर्य मोहन की तेलुगु नृत्य प्रस्तुति ‘राई राई रा रा’ कार्यक्रम का विशेष आकर्षण रही, जिसकी ऊर्जावान प्रस्तुति पर दर्शकों ने जमकर तालियां बजाईं। समूह नृत्य व भरतनाट्यम प्रस्तुत किया डॉ. आकांक्षा निगम ने ‘हमें तुमसे प्यार कितना’ गीत सुनाया। मंजूषा श्रीवास्तव ने ‘सूखी बरसे झम झम पानी’ और रूपा श्रीवास्तव ने ‘पिया ऐसा जिया में समाए गये रे’ प्रस्तुत किया। शुभम सिन्हा और चांदनी ने समूह नृत्य व भरतनाट्यम प्रस्तुत किया, वहीं अलका श्रीवास्तव ने ‘देखो सांवरे के संग गोरी झूले रे हिंडोला’ समूह गीत पेश किया। आलोक श्रीवास्तव और सविता श्रीवास्तव के युगल गीत ‘रिमझिम झोरे सावन’ ने माहौल को और भी सावनमय बना दिया। पूजा श्रीवास्तव ने ‘चूड़ी मजा न देगी, कंगन मजा न देगा’ पर नृत्य किया। अवनीश कौसर ने ‘बरखा रानी जरा जम के बरसो’ और आर.के. सिन्हा ने ‘झूमता सावन देखो आया’ गीत सुनाकर दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। कार्यक्रम का समापन 85 वर्षीय समाजसेवी कुमुद श्रीवास्तव के सम्मान के साथ हुआ।
कानपुर के श्री आनंदेश्वर मंदिर में सावन के अंतिम सोमवार को बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने का अनुमान है। मंदिर प्रशासन के मुताबिक करीब 4 लाख श्रद्धालु बाबा आनंदेश्वर के दर्शन के लिए पहुंच सकते हैं। इसे देखते हुए रविवार को मंदिर प्रशासन ने दर्शन, सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण की तैयारियां पूरी कर लीं। रविवार रात 12 बजे से ही श्रद्धालुओं की कतार लगनी शुरू हो जाएगी। भोर करीब 2 बजे मंगला आरती के बाद मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए खोल दिए जाएंगे। भीड़ को देखते हुए मंदिर और जिला प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था से लेकर सुगम दर्शन तक के व्यापक इंतजाम किए हैं। देर रात मंदिर में शयन आरती की जाएगी श्रद्धालुओं को व्यवस्थित तरीके से दर्शन कराने के लिए मंदिर परिसर और आसपास बांस-बल्ली लगाकर कतार की व्यवस्था की गई है। महिला श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए महिला सेवादार तैनात रहेंगी। वहीं, दिव्यांग श्रद्धालुओं के लिए व्हीलचेयर की भी व्यवस्था की गई है। जूना अखाड़ा के मीडिया प्रभारी आशुतोष अंश ने बताया कि सावन सोमवार को लेकर हरिगिरि महाराज का निर्देश है कि मंदिर पहुंचने वाले सभी श्रद्धालुओं को दर्शन कराया जाए। उन्होंने बताया कि श्रद्धालुओं के दर्शन पूरे होने के बाद ही देर रात मंदिर में शयन आरती की जाएगी। श्री आनन्देश्वर मंदिर कपाट खुलने और भोग आरती के लिए कपाट बंद होने का समय रात 2 बजे के बाद: भक्तों के लिए कपाट खोल दिए जायेंगे। दोपहर 12:30 बजे: भोग और आरती के लिए कपाट बंद होंगेदोपहर 2 बजे: दोबारा दर्शन के लिए कपाट खुलेंगेशाम 7 बजे: साफ-सफाई और श्रृंगार के लिए कपाट बंद होंगेरात 9 बजे: फिर से श्रद्धालुओं के लिए दर्शन शुरू होंगेइसके बाद सभी भक्तों के दर्शन पूरे होने के बाद शयन आरती की जाएगी। 150 CCTV कैमरों से निगरानी, कंट्रोल रूम बनायाभीड़ को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने अधिकारियों की ड्यूटी तय कर दी है। मंदिर के बाहर बैरिकेडिंग कर श्रद्धालुओं को कतार में लगाने की व्यवस्था की गई है। इसके लिए सेवादार भी तैनात किए गए हैं। मंदिर परिसर में करीब 150 CCTV कैमरों से निगरानी की जाएगी। पुलिस प्रशासन की ओर से मंदिर परिसर के साथ-साथ आसपास के रास्तों पर भी CCTV के जरिए नजर रखी जाएगी। इसके लिए कंट्रोल रूम बनाया गया है, जहां से पूरे क्षेत्र की निगरानी की जाएगी। गंगा का जलस्तर बढ़ा, परमट घाट की ओर प्रवेश बंदगंगा का जलस्तर लगातार बढ़ने के चलते परमट घाट की तरफ से मंदिर में प्रवेश निषेध किया गया है। गंगा किनारे बैरिकेडिंग लगाई गई है और श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए जल पुलिस की तैनाती भी की गई है। इसके अलावा नगर निगम और स्वास्थ्य विभाग की टीमों को भी मौके पर मौजूद रहने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का फोकस भीड़ को नियंत्रित करने के साथ श्रद्धालुओं को सुरक्षित वातावरण में भक्तों को दर्शन कराना है।
मेरठ में किसान नेता डॉ. दिग्विजय भाटी और मोहित जाटव के साथ कथित पुलिस बर्बरता और थर्ड डिग्री के मामले में रविवार को नया मोड़ आ गया। 19 अगस्त को दोनों नेताओं के साथ एसएसपी कार्यालय पहुंचे मोहम्मद फैजल ने सामने आकर घटनाक्रम को लेकर कई दावे किए हैं। फैजल का कहना है कि वह घटना के दौरान एसएसपी कार्यालय के बाहर मौजूद था और करीब 40 मिनट तक अंदर से चीख-पुकार और शोर सुनता रहा। फैजल ने यह भी दावा किया कि दोनों नेताओं को चेहरे पर कपड़ा बांधकर एसएसपी कार्यालय से बाहर लाया गया और पुलिस की गाड़ी में बैठाकर ले जाया गया। उसने पुलिस की उस कहानी को भी खारिज किया, जिसमें दोनों नेताओं के स्कूटी से गिरकर घायल होने की बात कही गई थी। फैजल के मुताबिक, तीनों सफेद स्कॉर्पियो से एसएसपी कार्यालय पहुंचे थे। उधर, इस मामले में सुर्खियों में आए इंस्पेक्टर अखिलेश कुमार गौड़ को देर शाम एसएसपी ने निलंबित कर दिया। 19 अगस्त को एसएसपी कार्यालय पहुंचे थे दोनों नेता पूरा मामला 19 अगस्त का है। एक मुकदमे के सिलसिले में किसान नेता डॉ. दिग्विजय भाटी और मोहित जाटव तत्कालीन एसएसपी अविनाश पांडे से मिलने पुलिस कार्यालय पहुंचे थे। आरोप है कि मुलाकात के दौरान दोनों के साथ मारपीट की गई। आरोप यह भी है कि तत्कालीन एसएसपी ने दोनों से मारपीट की और बाद में पुलिसकर्मियों से उन्हें कमरे में ले जाकर पिटवाया। इसके बाद दोनों को चेहरे पर कपड़ा बांधकर बाहर लाया गया और सफेद बोलेरो में बैठाकर पुलिस लाइन स्थित एसओजी कार्यालय ले जाया गया। वहां तत्कालीन सिविल लाइन इंस्पेक्टर अखिलेश कुमार गौड़ और उनके साथियों पर दोनों को थर्ड डिग्री देने का आरोप लगाया गया। बाद में दोनों को सिविल लाइन थाने छोड़ दिया गया, जहां से आधी रात को सपा विधायक अतुल प्रधान उन्हें अपने साथ ले गए। अगले दिन वीडियो सामने आने के बाद बढ़ा विवाद 19 अगस्त की घटना के अगले दिन मामला तेजी से तूल पकड़ गया। किसान नेता दिग्विजय भाटी ने वीडियो जारी कर कथित पुलिस बर्बरता की जानकारी दी। इसके बाद सपा विधायक अतुल प्रधान दोनों नेताओं को साथ लेकर प्रेसवार्ता में पहुंचे और तत्कालीन एसएसपी अविनाश पांडे पर गंभीर आरोप लगाए। मामले के बीच तत्कालीन एसएसपी अविनाश पांडे का मेरठ से तबादला कर उन्हें पुलिस मुख्यालय से संबद्ध कर दिया गया। इसी दिन नए एसएसपी बीबीजीटीएस मूर्ति ने मेरठ की कमान संभाली। एडीजी जोन भानु भास्कर के निर्देश पर सहारनपुर डीआईजी अभिषेक सिंह भी मामले की जांच के लिए मेरठ पहुंचे। आठ पुलिसकर्मी लाइन हाजिर मामले की गंभीरता को देखते हुए शनिवार को एसएसपी बीबीजीटीएस मूर्ति ने कार्रवाई करते हुए सिविल लाइन एसएचओ अखिलेश कुमार गौड़, उप निरीक्षक मुलायम सिंह, हेड कांस्टेबल हरिओम और श्याम बाबू, कांस्टेबल सुमित कुमार और मुकेश कुमार, महिला कांस्टेबल नीलम लौर तथा चालक ललित कुमार को लाइन हाजिर कर दिया। इसके साथ ही सिविल लाइन थाने का चार्ज पीआरओ उप निरीक्षक अरुण भाटी को सौंपा गया। वहीं पुलिस लाइन से सुदीश सिंह सिरोही को नया पीआरओ नियुक्त किया गया। अब प्रत्यक्षदर्शी फैजल के दावों से आया नया मोड़ रविवार को गोकुलपुर निवासी मोहम्मद फैजल के सामने आने से मामले में नया मोड़ आ गया। फैजल ने दावा किया कि वह 19 अगस्त को दिग्विजय भाटी और मोहित जाटव के साथ एसएसपी कार्यालय गया था और घटना के दौरान बाहर ही मौजूद था। फैजल के मुताबिक, कांवड़ यात्रा के बाद तत्कालीन एसएसपी अविनाश पांडे ने मोहित जाटव को फोन कर मिलने के लिए बुलाया था। बाद में दोबारा फोन कर 19 अगस्त को आने के लिए कहा गया। उस समय तीनों लखनऊ में थे। वे 18 अगस्त को वहां से निकले और 19 अगस्त की सुबह करीब तीन बजे मेरठ पहुंचे। सफेद स्कॉर्पियो से पहुंचे थे एसएसपी कार्यालय फैजल ने बताया कि 19 अगस्त की सुबह करीब 11 बजे तीनों सफेद स्कॉर्पियो से एसएसपी कार्यालय पहुंचे। तत्कालीन एसएसपी उस समय कार्यालय में नहीं थे। कुछ देर बाद उनके पहुंचने पर पर्ची बनाकर दिग्विजय भाटी और मोहित जाटव को अंदर भेजा गया, जबकि फैजल वेटिंग हॉल में बैठ गया। फैजल का दावा है कि दोनों के अंदर जाने के करीब पांच से सात मिनट बाद वहां तेज आवाजें और चीख-पुकार सुनाई देने लगीं। उसके मुताबिक, पुलिसकर्मियों ने गेट को कवर कर लिया था। करीब 40 मिनट तक अंदर से शोर और चीख-पुकार सुनाई देती रही। चेहरे पर कपड़ा बांधकर बाहर लाने का दावा फैजल के अनुसार, दोपहर करीब 12:30 से 12:40 बजे के बीच वहां सफेद रंग की बोलेरो और सिविल लाइन थाने की जीप पहुंची। इसके बाद दोनों नेताओं को चेहरे पर कपड़ा बांधकर बाहर लाया गया। उन्हें बोलेरो में बैठाकर वहां से ले जाया गया। फैजल का कहना है कि बाद में दोनों की तलाश शुरू हुई तो पता नहीं चल पा रहा था कि उन्हें कहां ले जाया गया। रात में जानकारी मिली कि दोनों सिविल लाइन थाने में हैं। इसके बाद सपा विधायक अतुल प्रधान उन्हें थाने से अपने साथ ले गए। स्कूटी से गिरने की पुलिस की कहानी पर उठाए सवाल फैजल ने दोनों नेताओं के स्कूटी से गिरकर घायल होने की पुलिस की कथित कहानी पर भी सवाल उठाए। उसने दावा किया कि तीनों स्कॉर्पियो से एसएसपी कार्यालय पहुंचे थे। उसके मुताबिक, जिस स्कॉर्पियो से वे गए थे, उसे बाद में मोहित जाटव के भाई ने घर से इमरजेंसी चाबी लाकर वहां से हटाया था। फैजल का दावा है कि गाड़ी की मूल चाबी मोहित जाटव के पास थी, जिसे पुलिस ने कथित तौर पर अपने कब्जे में ले लिया था। बोले- अंदर की मारपीट नहीं देखी, लेकिन चीख-पुकार सुनी फैजल ने कहा कि वह घटना के दौरान एसएसपी कार्यालय में मौजूद था। उसने दोनों नेताओं को अंदर जाते और बाद में चेहरे ढके हुए बाहर लाए जाते देखा। हालांकि, उसने स्पष्ट किया कि अंदर हुई कथित मारपीट उसने अपनी आंखों से नहीं देखी, लेकिन करीब 40 मिनट तक बाहर रहते हुए अंदर से आती आवाजें और चीख-पुकार सुनीं। फैजल ने कहा कि कानून सभी के लिए बराबर होना चाहिए। अगर किसी मामले में कानून का उल्लंघन हुआ है तो कार्रवाई सभी के खिलाफ होनी चाहिए। उसका सवाल है कि आम व्यक्ति के मामले में पुलिस जांच से पहले गिरफ्तारी तक कर लेती है, तो पुलिसकर्मियों के मामले में अलग मापदंड क्यों अपनाया जा रहा है।
सीकर के दांतारामगढ़ थाना इलाके के कुली गांव में 2 बाइक की आमने-सामने की टक्कर हो गई। इस घटना में खाचरियावास चौकी में पोस्टेड पुलिस कॉन्स्टेबल सुरेश की मौत हो गई। उनके शव को मॉर्च्युरी में रखवाया गया है। घटना में एक युवक गंभीर घायल हुआ। जबकि एक युवक को प्राथमिक इलाज के बाद छुट्टी दे दी गई। पुलिस मामले की जांच कर रही है। कुली गांव में पिया के बालाजी के पास रविवार शाम 6:30 बजे यह हादसा हुआ है। खाचरियावास चौकी में पोस्टेड कॉन्स्टेबल सुरेश कुमार (40) पुत्र दीपसिंह निवासी रणजीतपुरा रेनवाल चौकी से अपने गांव की तरफ जा रहा था। इसी दौरान सामने से आ रही बाइक ने टक्कर मार दी। एक युवक घायल इस घटना में पुलिस कॉन्स्टेबल सुरेश कुमार और दूसरी बाइक पर किशोर व हेमराज घायल हो गए। सभी घायलों को इलाज के लिए खाचरियावास सीएचसी ले जाया गया। जहां पर कॉन्स्टेबल सुरेश कुमार को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया गया। वहीं किशोर को इलाज के लिए रेफर किया गया। हेमराज को प्राथमिक इलाज के बाद छुट्टी दे दी गई। परिजनों की मौजूदगी में कॉन्स्टेबल सुरेश कुमार के शव का सोमवार को पोस्टमार्टम होगा। इसके बाद राजकीय सम्मान से पैतृक गांव में अंतिम संस्कार किया जाएगा।
ललितपुर में रविवार को जिले के कई गांवों में हुई बारिश के बाद नदी-नाले उफान पर आ गए। बानपुर थाना क्षेत्र के ग्राम खिरिया छतारा के पास सैर नाले पर बने पुल के ऊपर करीब 3 फीट पानी बह रहा था। इसके बावजूद रविवार शाम करीब 6 बजे एक युवक बाइक लेकर पुल पार करने लगा। तेज बहाव के कारण बाइक नाले में बह गई, जबकि युवक बाल-बाल बच गया। घटना का वीडियो भी सामने आया है। मना करने के बाद भी बाइक लेकर पुल पर पहुंचा युवक बताया गया कि युवक बाइक से ग्राम टेनगा जा रहा था। खिरिया छतारा के पास हनुमान मंदिर के समीप सैर नाले पर बने पुल के ऊपर पानी तेज बहाव के साथ बह रहा था। मौके पर मौजूद लोगों ने युवक को पुल पार न करने की सलाह दी, लेकिन वह बाइक लेकर पानी के बीच पहुंच गया। तेज बहाव में बह गई बाइक युवक अभी पुल के बीच में ही पहुंचा था कि तेज बहाव के कारण बाइक का संतुलन बिगड़ गया और वह पानी में बह गई। एक युवक मदद के लिए दौड़ा और बाइक पकड़ने का प्रयास किया, लेकिन इससे पहले बाइक पानी के तेज बहाव में दूर चली गई। युवक किसी तरह सुरक्षित बाहर निकल आया। रात 10 बजे तक बाइक नहीं मिली घटना की जानकारी मिलने के बाद युवक के रिश्तेदार बाइक की तलाश में जुट गए। उन्होंने रात करीब 10 बजे तक नाले में उतरकर बाइक खोजने का प्रयास किया, लेकिन पानी का बहाव तेज होने के कारण सफलता नहीं मिली। खेड़र नदी के उफान से तालबेहट-जखौरा मार्ग बंद उधर, जखौरा कस्बे के पास से निकलने वाली खेड़र नदी भी उफान पर है। नदी का पानी पुल के ऊपर से बहने के कारण तालबेहट-जखौरा मार्ग पर आवागमन बाधित हो गया। रात करीब 10:30 बजे तक पुल के ऊपर से पानी बहता रहा। पुलिस ने संभाली सुरक्षा व्यवस्था मार्ग पर किसी तरह की दुर्घटना रोकने के लिए जखौरा थाना निरीक्षक राजीव कुमार वैश पुलिस बल के साथ मौके पर मौजूद रहे। पुलिस ने लोगों को तेज बहाव वाले पुल और नदी-नालों के पास जाने से बचने की सलाह दी।
सोनभद्र पुलिस ने अपहरण युवक को किया बरामद:2 आरोपी गिरफ्तार, स्विफ्ट कार और चार मोबाइल बरामद
सोनभद्र के रॉबर्ट्सगंज पुलिस ने अपहरण के एक मामले में कार्रवाई करते हुए 23 अगस्त को अपहृत मनोज कुमार पांडे को बरामद कर लिया। पुलिस ने घटना में शामिल दो आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है। उनके कब्जे से वारदात में इस्तेमाल स्विफ्ट कार और चार मोबाइल फोन बरामद हुए हैं। रॉबर्ट्सगंज थाने में वादिनी की तहरीर पर अपहरण का मुकदमा दर्ज किया गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी अभिषेक वर्मा ने पुलिस टीम को तत्काल प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए। कार की लोकेशन से देवरिया पहुंची पुलिस विवेचना के दौरान पुलिस ने घटना में प्रयुक्त स्विफ्ट मारुति कार संख्या UP32KM1916 से संबंधित तकनीकी जानकारी जुटाई। वाहन से जुड़े मोबाइल नंबर की लोकेशन देवरिया जिले के तरकुलवा थाना क्षेत्र में मिली। इसके बाद रॉबर्ट्सगंज पुलिस ने तरकुलवा पुलिस से संपर्क कर मामले की जानकारी साझा की। तरकुलवा पुलिस ने संदिग्ध लोगों और अपहृत व्यक्ति को पथरदेवा चौकी के पास रोक लिया। सूचना मिलते ही रॉबर्ट्सगंज से पुलिस टीम देवरिया रवाना हुई। मौके पर पहुंचकर पूछताछ की गई, जहां रायपुर निवासी मनोज कुमार पांडे पुत्र धीरेन्द्र बहादुर पांडे को सकुशल बरामद कर लिया गया। इसी दौरान पुलिस ने मौके से जितेन्द्र यादव और शिवआसरे उर्फ मुन्ना यादव को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल स्विफ्ट कार और चार मोबाइल फोन भी बरामद किए। बेटी को रेलवे में नौकरी लगवाने के नाम पर पैसे लेने का आरोप पुलिस पूछताछ में आरोपी शिवआसरे उर्फ मुन्ना यादव ने बताया कि उसकी मुलाकात मनोज कुमार पांडे से वर्ष 2024 में पटना में हुई थी। आरोप है कि मनोज ने उसकी बेटी को रेलवे में नौकरी लगवाने के नाम पर पैसे लिए थे। नौकरी नहीं लगने और रकम वापस नहीं मिलने को लेकर दोनों के बीच विवाद चल रहा था। आरोपी के मुताबिक, वह अपने दामाद जितेन्द्र यादव और अन्य साथियों के साथ मनोज से पैसे मांगने आया था। पैसे वापस नहीं करने पर विवाद हुआ। इसके बाद मनोज को स्विफ्ट कार में बैठाकर अपने साथ ले जाया जा रहा था। इसी दौरान तरकुलवा पुलिस ने वाहन को रोक लिया। अन्य आरोपियों की भूमिका की भी जांच पूछताछ में पुलिस को घटना में शामिल बताए जा रहे अन्य लोगों के बारे में भी जानकारी मिली है। इनमें बृजेश यादव निवासी महासून, जिला कुशीनगर, सिपाही यादव निवासी बत्तर डेरा, जिला कुशीनगर और संगम गौड़ निवासी मंगलपुर, जिला कुशीनगर के नाम सामने आए हैं। पुलिस के अनुसार, इन लोगों की भूमिका से संबंधित साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। विवेचना के दौरान सामने आए तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
भोपाल सीलिंग के खिलाफ आनंद नगर में दुकानदारों का प्रोटेस्ट, यूनाइटेड रहने का संकल्प लिया
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शादी बन गई सजा! प्रेमिका को पति घर ले आया, पत्नी के सामने रख दी ये शर्त
बुलंदशहर के डिबाई में नवविवाहिता ने पति और ससुरालियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला के मुताबिक पति शादी के बाद प्रेमिका को घर ले आया और दोनों के साथ रहने का दबाव बनाया। विरोध पर 10 लाख रुपये व दिल्ली में प्लॉट की मांग की गई। पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
बिहार में बोर्ड एग्जाम से भर्ती परीक्षाओं में होगा सुधार, जज की अध्यक्षता में बनेगी कमेटी
सम्राट सरकार ने सेवारत या रिटायर्ड जज की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय कमेटी बनाने का फैसला लिया है। यह कमेटी बिहार बोर्ड से लेकर यूनिवर्सिटी एग्जाम और सभी तरह की भर्ती परीक्षाओं में नकल और पेपर लीक समेत अन्य गड़बड़ी को रोकते हुए सुधार की अनुशंसा करेगी।
एटा में अलीगंज कस्बे के निवासी जनसंघ और भाजपा के संस्थापक सदस्य डॉ. परसादीलाल कश्यप का रविवार देर शाम करीब 6 बजे निधन हो गया। वह लगभग 100 साल के थे। उनके निधन की सूचना बेटे डॉ. अर्जुन सिंह ने दी। उनके निधन से परिवार में शोक का माहौल है, वहीं भाजपा कार्यकर्ताओं ने इसे संगठन के लिए अपूरणीय क्षति बताया है। डॉ. परसादीलाल कश्यप ने जनसंघ के दौर में डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी और पंडित दीनदयाल उपाध्याय के संघर्षों से प्रभावित होकर कई आंदोलनों में सक्रिय भूमिका निभाई थी। उन्होंने अपना जीवन संगठन और विचारधारा की सेवा में समर्पित कर दिया। ‘एक संविधान, एक विधान’ आंदोलन में हुए थे शामिल डॉ. परसादीलाल कश्यप ने डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ‘एक संविधान, एक विधान’ आंदोलन का समर्थन करते हुए घर छोड़ दिया था। आंदोलन के दौरान वह जम्मू-कश्मीर पहुंचे, जहां कश्मीर पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद उन्हें कठुआ जेल और योलकेम पहाड़ की जेलों में वर्षों तक कैद रहना पड़ा। जेल में उन्हें प्रताड़ना भी झेलनी पड़ी। 22 साल की उम्र में दीनदयाल उपाध्याय से हुई थी मुलाकात बताया जाता है कि करीब 22 वर्ष की उम्र में दिल्ली के एक मंदिर में उनकी मुलाकात पंडित दीनदयाल उपाध्याय से हुई थी। उस समय पंडित दीनदयाल उपाध्याय और डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी युवाओं को संबोधित कर रहे थे। दोनों नेताओं के विचारों से प्रभावित होकर परसादीलाल ने संगठन के लिए काम करने का संकल्प लिया। इसके बाद उन्होंने कठिन परिस्थितियों में पैदल यात्रा करते हुए जम्मू के कठुआ तक का सफर तय किया। वहां पहुंचने पर पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। लंबे समय तक जेल में रहने के बाद वह घर लौटे और लगातार पार्टी की सेवा में जुटे रहे। अंतिम समय तक संगठन से जुड़े रहे करीब एक सदी के जीवन में डॉ. परसादीलाल कश्यप ने जनसंघ के शुरुआती दौर से लेकर भाजपा के विस्तार तक का सफर देखा। पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच उनकी पहचान एक समर्पित और पुराने कार्यकर्ता के रूप में रही। उनके निधन पर भाजपा कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने शोक व्यक्त किया। कार्यकर्ताओं ने कहा कि संगठन के शुरुआती दौर में संघर्ष करने वाले ऐसे वरिष्ठ कार्यकर्ता का निधन पार्टी के लिए बड़ी क्षति है। परिवार और समर्थकों में शोक की लहर है।
दिल्ली Zoo में पक्षियों की चहचहाहट के बीच खास मेहमानों की दस्तक, 150 पेंटेड स्टार्क ने बनाया आशियाना
दिल्ली चिड़ियाघर में 150 से अधिक पेंटेड स्टार्क ने डेरा डाला है और घोंसले बनाना शुरू कर दिया है, जो स्वस्थ प्राकृतिक आवास का संकेत है। हाल ही में आयोजित बर्ड और ट्री वाक में प्रतिभागियों ने इस जैव विविधता का अनुभव किया, जिसमें 42 पक्षी प्रजातियाँ देखी गईं।
संभल के कोतवाली क्षेत्र में चंदौसी रोड पर रविवार शाम तेज रफ्तार टेंपो की टक्कर से 60 वर्षीय बुजुर्ग की मौत हो गई। हादसा मोहम्मदपुर टांडा पुलिस चौकी के सामने उस समय हुआ, जब मजदूरी कर घर लौट रहे खेमकरन सिंह सड़क पार कर रहे थे। गंभीर हालत में उन्हें 108 एंबुलेंस से जिला संयुक्त चिकित्सालय पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया। फतेहपुर सराय गांव निवासी खेमकरन सिंह (60) पुत्र राम सहाय रविवार सुबह करीब 8 बजे मजदूरी करने संभल शहर गए थे। शाम करीब 7 बजे वह घर लौटने के लिए एक वाहन से मोहम्मदपुर टांडा गांव पहुंचे। यहां पुलिस चौकी के सामने सड़क पार करते समय तेज रफ्तार टेंपो ने उन्हें टक्कर मार दी। एंबुलेंस से अस्पताल ले गए, नहीं बच सकी जान टक्कर लगते ही खेमकरन सिंह सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। सूचना पर पहुंची 108 एंबुलेंस से उन्हें जिला संयुक्त चिकित्सालय ले जाया गया। परिवार के लोग भी सूचना मिलते ही अस्पताल पहुंच गए, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मौत की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। 12 साल पहले पत्नी की हो चुकी है मौत खेमकरन सिंह की पत्नी भगवती का करीब 12 साल पहले बीमारी के चलते निधन हो गया था। उनके चार बेटे और एक बेटी है। तीन बेटे छत्तीसगढ़ में मजदूरी करते हैं, जबकि बेटी की शादी हो चुकी है। बुजुर्ग की मौत के बाद परिवार के सामने दुख के साथ आर्थिक संकट भी खड़ा हो गया है। थाना प्रभारी मोहित चौधरी ने बताया कि सड़क हादसे में एक बुजुर्ग की मौत हुई है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने की कार्रवाई की जा रही है। परिजनों की ओर से अभी तक कोई शिकायत नहीं मिली है। तहरीर मिलने पर नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पत्नी की हत्या करने वाला अयोध्या से गिरफ्तार:हरियाणा के रोहतक में मारी थी गोली, एक साल से फरार था
हरियाणा के रोहतक पुलिस ने पत्नी की गोली मारकर हत्या करने वाले को आरोपी को अयोध्या के कुमारगंज थाना क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की पहचान आजमगढ़ के फूलपुर तहसील के रुपईपुर गांव निवासी राजीव कुमार यादव (पुत्र राम मूरत यादव) के रूप में हुई है। रोहतक पुलिस की सर्विलांस टीम को जानकारी मिली थी कि आरोपी अयोध्या के कुमारगंज क्षेत्र में छिपकर रह रहा है और यहां सिलाई का काम कर रहा है। सूचना के आधार पर रोहतक पुलिस ने रविवार शाम करीब 5 बजे बाराईपारा के पास दबिश देकर राजीव को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद पुलिस टीम आरोपी को सौ शैय्या संयुक्त चिकित्सालय कुमारगंज ले गई, जहां उसका मेडिकल परीक्षण कराया गया। इसके बाद उसे अपने साथ रोहतक ले गई। पत्नी के प्रेम संबंध का था शक पुलिस के अनुसार राजीव रोहतक में मजदूरी करता था और पत्नी भी उसके साथ रहती थी। राजीव को शक था कि उसकी पत्नी का किसी अन्य व्यक्ति से प्रेम संबंध है। इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद रहता था। करीब एक साल पहले राजीव ने कथित तौर पर पत्नी की गोली मारकर हत्या कर दी और वारदात के बाद फरार हो गया। मामले में रोहतक पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर उसकी तलाश शुरू की थी। आजमगढ़ समेत कई जगहों पर तलाश हत्या के बाद से रोहतक पुलिस आरोपी की तलाश में आजमगढ़ समेत कई स्थानों पर दबिश दे रही थी, लेकिन वह लगातार ठिकाने बदल रहा था। पुलिस की सर्विलांस टीम भी उसकी गतिविधियों पर नजर रख रही थी। इसी दौरान टीम को उसके अयोध्या में छिपे होने की जानकारी मिली। इसके बाद रोहतक पुलिस ने स्थानीय स्तर पर कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई की खास बात यह रही कि रोहतक पुलिस ने कुमारगंज थाना क्षेत्र में दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार किया, लेकिन स्थानीय पुलिस को इसकी पूर्व जानकारी नहीं थी। कुमारगंज थानाध्यक्ष सुरेश कुमार पटेल ने बताया कि उन्हें आरोपी की गिरफ्तारी के संबंध में पहले से कोई सूचना नहीं दी गई थी।
प्रयागराज के सिविल लाइंस में रविवार को दो युवकों ने फर्जी ऑनलाइन पेमेंट के जरिए दुकानदार को ठगने की कोशिश की। एजी ऑफिस के पास दुकान पर पहुंचे युवकों ने 1300 रुपए नकद मांगे और बदले में खाते में 1400 रुपए भेजने का लालच दिया। युवकों ने भुगतान का स्क्रीनशॉट भी दिखाया, लेकिन दुकान का यूपीआई साउंड बॉक्स नहीं बजा। शक होने पर दुकानदार ने ट्रांजैक्शन हिस्ट्री दिखाने को कहा तो दोनों घबरा गए और भागने लगे। दुकानदार के शोर मचाने पर आसपास के लोग जुट गए और दोनों को पकड़ लिया। सूचना पर डायल 112 पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों को सिविल लाइंस थाने ले गई। पूछताछ में दोनों ने खुद को धूमनगंज का रहने वाला बताया। पुलिस के मुताबिक, इनमें एक 12वीं का छात्र है, जबकि दूसरा ग्रेजुएशन कर रहा है। दुकानदार ने लिखित शिकायत देने से इनकार कर दिया, जिसके बाद पुलिस ने दोनों के परिजनों को सूचना दी। 1300 नकद के बदले 1400 ऑनलाइन देने का दिया लालच पुलिस के मुताबिक, दोनों युवक रविवार दोपहर एजी ऑफिस के पास दुकान पर पहुंचे थे। उन्होंने दुकानदार से कहा कि उन्हें 1300 रुपए नकद चाहिए। इसके बदले वे उसके खाते में 1400 रुपए ऑनलाइन भेज देंगे। इस तरह दुकानदार को 100 रुपए का फायदा होने की बात कहकर भरोसे में लेने की कोशिश की गई। युवकों ने इसके बाद ऑनलाइन भुगतान का स्क्रीनशॉट भी दुकानदार को दिखा दिया। हालांकि दुकान पर लगा यूपीआई साउंड बॉक्स भुगतान होने की पुष्टि नहीं कर रहा था। कोई आवाज या भुगतान का मैसेज नहीं आया। यहीं दुकानदार को मामला संदिग्ध लगा। ट्रांजैक्शन हिस्ट्री मांगी तो भागने लगे दुकानदार ने युवकों से कहा कि अगर भुगतान हो गया है तो मोबाइल में यूपीआई की ट्रांजैक्शन हिस्ट्री दिखाओ। इसके बाद दोनों असहज हो गए। उन्होंने वहां से निकलने की कोशिश की तो दुकानदार को शक और गहरा हो गया। दुकानदार ने शोर मचाकर आसपास के लोगों को बुला लिया। लोगों ने दोनों युवकों को पकड़ लिया और पुलिस को सूचना दी। कुछ देर बाद डायल 112 की टीम पहुंची और दोनों को पूछताछ के लिए सिविल लाइंस थाने ले गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, दोनों युवक जिस बाइक से आए थे, उस पर नंबर प्लेट भी नहीं लगी थी। शिकायत नहीं मिली तो परिजनों को बुलाया सिविल लाइंस थाना प्रभारी रामाश्रय यादव ने बताया कि दुकानदार ने मामले में लिखित शिकायत देने से इनकार कर दिया। शिकायत नहीं मिलने पर दोनों युवकों के परिवार वालों को सूचना दी गई। पुलिस के अनुसार, एक युवक को उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया, जबकि दूसरे के परिवार वालों के आने का इंतजार किया जा रहा था।
रामपुर में सिविल लाइंस थाना क्षेत्र में रविवार रात अज्ञात वाहन की टक्कर से डाक कांवड़ लेकर जा रहे कांवड़िया और एक अन्य युवक घायल हो गए। हादसा सिविल लाइंस थाने के सामने हुआ। पुलिस ने दोनों घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उनका इलाज चल रहा है। थाने के सामने हुआ हादसा बरेली निवासी आकाश यादव रुद्रपुर में काम करते हैं। वह 19 अगस्त को अपने साथियों के साथ हरिद्वार डाक कांवड़ लेने गए थे। शनिवार-रविवार की मध्यरात्रि करीब 3 बजे वे डाक कांवड़ लेकर बरेली के लिए रवाना हुए थे। रविवार रात करीब 9 बजे सिविल लाइंस थाने के सामने पहुंचने पर एक अज्ञात वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी। कांवड़िए के सिर और गाल में चोट टक्कर लगने से आकाश सड़क पर गिरकर घायल हो गए। उनके सिर और गाल में चोट आई है। इसी दौरान पास से गुजर रहे रजा टेक्सटाइल कॉलोनी निवासी संजय कुमार भी हादसे की चपेट में आ गए। उनके सिर में चोट लगी है। दोनों को पुलिस ने जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां उपचार जारी है। समय की पाबंदी के कारण साथी आगे बढ़े आकाश ने बताया कि डाक कांवड़ में समय का विशेष महत्व होता है। कांवड़िये लगातार चलते हैं और रास्ते में रुकते नहीं हैं। हादसे के बाद उनके साथ चल रहे अन्य कांवड़िये भी आगे निकल गए। पुलिस ने दोनों घायलों को अस्पताल पहुंचाया। सीसीटीवी से वाहन की तलाश घटना की सूचना मिलने के बाद सिविल लाइंस थाना पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालकर टक्कर मारने वाले वाहन की पहचान का प्रयास कर रही है। फिलहाल अज्ञात वाहन और उसके चालक की जानकारी नहीं मिल सकी है।
उन्नाव में रविवार रात शराब के नशे में हुए विवाद के दौरान बड़े भाई ने छोटे भाई पर हंसिया से हमला कर दिया। हमले में गंभीर रूप से घायल युवक की सीएचसी पुरवा में इलाज के दौरान मौत हो गई। डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद पुलिस ने आरोपी बड़े भाई को हिरासत में ले लिया है। मामला पुरवा कोतवाली क्षेत्र के चक जमालपुर गांव का है। चक जमालपुर निवासी सुंदरलाल के 27 वर्षीय बेटे केशन का रविवार रात अपने 24 वर्षीय छोटे भाई दिलीप से किसी बात को लेकर विवाद हो गया। बताया जा रहा है कि उस समय केशन शराब के नशे में था। विवाद बढ़ने पर उसने हंसिया से दिलीप पर हमला कर दिया। गंभीर चोट लगने से दिलीप जमीन पर गिर पड़ा। उसकी चीख-पुकार सुनकर परिजन और आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। अस्पताल ले जाते ही डॉक्टरों ने मृत घोषित किया परिजन आनन-फानन में दिलीप को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पुरवा लेकर पहुंचे। डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही पुरवा कोतवाली प्रभारी भुवन सिंह मौर्य पुलिस टीम के साथ गांव पहुंचे और घटनास्थल की जानकारी ली। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी केशन को हिरासत में ले लिया। पत्नी माधुरी सदमे में दिलीप की मौत की खबर मिलते ही उसकी पत्नी माधुरी गहरे सदमे में आ गई। परिजनों के मुताबिक, दोनों भाइयों के बीच विवाद किस बात को लेकर शुरू हुआ था, इसकी स्पष्ट जानकारी अभी नहीं हो सकी है। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर घटना के कारणों का पता लगाने में जुटी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर होगी कार्रवाई पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। कोतवाली प्रभारी भुवन सिंह मौर्य ने बताया कि आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। तहरीर और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
मोतिहारी के कुंडवा चैनपुर थाना क्षेत्र में रविवार को तेज रफ्तार कार और ई-रिक्शा की जोरदार टक्कर हो गई। हादसे में ई-रिक्शा सवार 12 वर्षीय किशोर की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि छह लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों में एक की हालत नाजुक बताई जा रही है। चार घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए मोतिहारी रेफर किया गया है। हादसा अमवा कला और गुरहनवा गांव के बीच पुल के पास हुआ। टक्कर इतनी भीषण थी कि ई-रिक्शा सड़क किनारे गड्ढे में जा गिरा, जबकि कार भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। दुर्घटना के बाद घटनास्थल पर अफरातफरी मच गई। आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और घायलों को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया। सामने से आ रही कार ने ई-रिक्शा में मारी जोरदार टक्कर जानकारी के अनुसार, ई-रिक्शा पर कई लोग सवार होकर जा रहे थे। इसी दौरान अमवा कला और गुरहनवा गांव के बीच पुल के समीप सामने से तेज रफ्तार में आ रही कार अचानक अनियंत्रित हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक कार चालक वाहन पर नियंत्रण नहीं रख सका और उसने सामने से आ रहे ई-रिक्शा में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर के बाद ई-रिक्शा सड़क से नीचे गड्ढे में जा गिरा। हादसे की आवाज सुनकर आसपास के लोग घटनास्थल की ओर दौड़े। मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने देखा कि ई-रिक्शा क्षतिग्रस्त हालत में गड्ढे में पड़ा था और उसमें सवार लोग घायल होकर मदद के लिए चिल्ला रहे थे। ग्रामीणों ने तत्काल राहत और बचाव शुरू किया। 12 साल के सुशांत की मौके पर ही मौत हादसे में कुंडवा चैनपुर थाना क्षेत्र के महंगुआ गांव निवासी धीरेन्द्र कुमार के 12 वर्षीय पुत्र सुशांत कुमार की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। हादसे की जानकारी परिवार के लोगों को मिलते ही घर में कोहराम मच गया। सुशांत की मौत की खबर से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। आसपास के लोग भी परिवार को सांत्वना देने के लिए पहुंचने लगे। वहीं, हादसे में सुशांत के परिवार के कई सदस्य भी घायल हुए हैं। एक ही परिवार के 4 लोग घायल दुर्घटना में धीरेन्द्र कुमार का 3 वर्षीय पुत्र आयुष कुमार, 26 वर्षीय पत्नी तारा देवी, 62 वर्षीय पिता राजेंद्र दास और 60 वर्षीय माता कमली देवी घायल हो गए। इसके अलावा तेलहारा कला निवासी 60 साल इनरदेव साह और ई-रिक्शा चालक गुरहनवा निवासी रामपुकार महतो के 30 वर्षीय पुत्र राधेश्याम प्रसाद भी घायल हुए हैं। हादसे के बाद सभी घायलों को तत्काल इलाज की जरूरत थी। स्थानीय लोगों ने बिना समय गंवाए उन्हें अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था की। प्राथमिक उपचार के बाद 4 घायलों को मोतिहारी भेजा घटना के बाद स्थानीय लोगों की मदद से सभी घायलों को कुशमहवा स्थित साबिरिया रिसर्च नर्सिंग होम पहुंचाया गया। यहां डॉक्टरों ने घायलों का प्राथमिक उपचार शुरू किया। घायलों की गंभीर स्थिति को देखते हुए चार लोगों को बेहतर इलाज के लिए मोतिहारी रेफर कर दिया गया। वहीं अन्य घायलों का स्थानीय स्तर पर इलाज जारी है। बताया जा रहा है कि घायलों में एक की हालत गंभीर बनी हुई है। चिकित्सकों की निगरानी में उसका इलाज किया जा रहा है। कार भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त, सड़क पर मची अफरातफरी प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, टक्कर इतनी तेज थी कि ई-रिक्शा के साथ कार को भी काफी नुकसान पहुंचा। ई-रिक्शा सड़क किनारे गड्ढे में गिर गया, जबकि कार का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे के बाद कुछ देर के लिए सड़क पर अफरातफरी की स्थिति बनी रही। आसपास मौजूद लोगों ने वाहनों को सड़क से हटाने और घायलों को अस्पताल पहुंचाने में मदद की। स्थानीय लोगों ने घटना की सूचना पुलिस को भी दी। इसके बाद कुंडवा चैनपुर थाना की पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने कार चालक समेत 3 लोगों को हिरासत में लिया घटना की सूचना मिलते ही कुंडवा चैनपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दुर्घटना की जांच शुरू कर दी। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहनों का जायजा लिया और घटनास्थल पर मौजूद लोगों से घटना की जानकारी ली। पुलिस ने कार चालक सहित तीन लोगों को हिरासत में लिया है। उनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि हादसा किस परिस्थिति में हुआ और कार की गति कितनी थी। पुलिस के अनुसार, मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है। दुर्घटना के कारणों की जांच के बाद स्थिति और स्पष्ट होगी। परिवार में मचा कोहराम, गांव में भी मातम सुशांत कुमार की मौत की खबर जैसे ही महंगुआ गांव पहुंची, वहां मातम पसर गया। परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है। सबसे ज्यादा सदमा परिजनों को इस बात का है कि एक ही हादसे में परिवार के कई सदस्य घायल हो गए और 12 साल के बच्चे की जान चली गई। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से सड़क पर तेज रफ्तार वाहनों पर नियंत्रण और दुर्घटना संभावित स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है।
उत्तर प्रदेश के एडेड माध्यमिक विद्यालयों में टीजीटी शिक्षकों की चार साल से अटकी भर्ती प्रक्रिया अब आगे बढ़ गई है। राज्य शिक्षा सेवा चयन आयोग ने रविवार को 15 में से 13 विषयों का अंतिम परिणाम जारी कर दिया। इसमें 2134 अभ्यर्थियों का चयन हुआ है। चयनित अभ्यर्थियों को प्रदेश के अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में प्रशिक्षित स्नातक शिक्षक के पद पर तैनाती दी जाएगी। हालांकि हिंदी, संस्कृत और अंग्रेजी के 1405 पदों का परिणाम फिलहाल जारी नहीं किया गया है। इन विषयों से जुड़ा मामला हाईकोर्ट में लंबित होने के कारण आयोग ने इनका परिणाम रोक दिया है। यह भर्ती जून 2022 में शुरू हुई थी और अलग-अलग कारणों से चार साल तक प्रक्रिया आगे बढ़ती रही। अब 13 विषयों में चयनित अभ्यर्थियों का इंतजार खत्म हुआ है। 2022 में निकली थी 3539 पदों पर भर्ती टीजीटी भर्ती का विज्ञापन संख्या 01/2022 नौ जून 2022 को जारी किया गया था। इसमें प्रदेश के सहायता प्राप्त अशासकीय माध्यमिक विद्यालयों में प्रशिक्षित स्नातक शिक्षकों के 3539 पद शामिल किए गए थे। भर्ती प्रक्रिया लंबे समय तक अलग-अलग कारणों से प्रभावित रही। आखिरकार लिखित परीक्षा तीन और चार जून को कराई गई। इसके बाद आयोग ने प्रदर्शन के आधार पर 7359 अभ्यर्थियों को सफल घोषित किया। 30 जून को लिखित परीक्षा का परिणाम जारी होने के बाद सफल अभ्यर्थियों को अभिलेख सत्यापन के लिए बुलाया गया। सत्यापन के लिए पहुंचे 7146 अभ्यर्थी चयन प्रक्रिया के अंतिम चरण में प्रयागराज स्थित आयोग कार्यालय में नौ से 17 जुलाई तक डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन कराया गया। कुल 7359 अभ्यर्थियों को इसके लिए बुलाया गया था। इनमें से 7146 अभ्यर्थी सत्यापन के लिए पहुंचे, जबकि 213 अनुपस्थित रहे। निर्धारित और पुनर्निर्धारित तारीख पर भी नहीं पहुंचने वाले अभ्यर्थियों का अभ्यर्थन/चयन निरस्त कर दिया गया। इसके बाद आयोग ने संशोधित अंतिम चयन परिणाम जारी किया। हिंदी-अंग्रेजी के सबसे ज्यादा पद भर्ती में विषयवार पदों की संख्या भी अलग-अलग रही। हिंदी और अंग्रेजी के 557-557 पद थे। विज्ञान में 540 और गणित में 533 पद शामिल थे। सामाजिक विज्ञान के 383, संस्कृत के 291, गृह विज्ञान के 179 और शारीरिक शिक्षा के 170 पद थे। कुल 15 विषयों के 3539 पदों में से अभी 13 विषयों का परिणाम घोषित किया गया है। एडेड इंटर कॉलेजों में होगी तैनाती चयनित 2134 अभ्यर्थियों को प्रदेश के अलग-अलग अशासकीय सहायता प्राप्त इंटर कॉलेजों में टीजीटी शिक्षक के रूप में तैनाती मिलेगी। इससे इन विद्यालयों में लंबे समय से खाली चल रहे शिक्षक पदों को भरने में मदद मिलेगी। वहीं हिंदी, संस्कृत और अंग्रेजी के 1405 पदों का परिणाम हाईकोर्ट में चल रहे मामले के निस्तारण के बाद जारी किया जाएगा। एक सप्ताह तक देख सकेंगे अपने प्राप्तांक आयोग ने अभ्यर्थियों को अपने प्राप्तांक देखने की सुविधा भी दी है। इसके लिए आयोग की वेबसाइट पर लिंक उपलब्ध कराया गया है। अभ्यर्थी अनुक्रमांक और जन्मतिथि दर्ज कर एक सप्ताह तक अपने अंक देख सकेंगे। आयोग ने यह भी स्पष्ट किया है कि प्राप्तांकों की जानकारी के लिए आरटीआई के तहत अलग से सूचना उपलब्ध नहीं कराई जाएगी।
लखनऊ में पुरातत्व अभिरुचि पाठ्य कार्यक्रम:स्तूपों की संरचना, आकार, बनावट कि विशेषताओं पर हुई चर्चा
लखनऊ में रविवार को उत्तर प्रदेश राज्य पुरातत्व निदेशालय में कार्यक्रम का आयोजन हुआ। पुरातत्व अभिरुचि पाठ्यक्रम के चौथे दिन भारत के ईंट निर्मित स्तूप और उनके संरक्षण की समस्याएं: महाराष्ट्र के नालासोपारा स्थित स्तूप के विशेष संदर्भ में विषय पर चर्चा हुई। लखनऊ सर्किल के अधीक्षण डॉ. राजेंद्र यादव ने विषय पर अपने विचार व्यक्त किये । स्तूपों के बारे में दी गई जानकारी डॉ. राजेंद्र ने भारत में ईंटों से निर्मित स्तूपों की संरचना, आकार, बनावट कि विशेषताओं के बारे में जानकारी उपलब्ध कराई । उन्होंने भारतीय बौद्ध आर्किटेक्चर के प्रमुख स्वरूपों स्तूप, और स्तंभों के धार्मिक, सांस्कृतिक महत्व को समझाया । स्तूपों की विभिन्न श्रेणियों की चर्चा करते हुए शारीरिक स्तूपों के बारे में बताया, जिनका निर्माण भगवान बुद्ध के शारीरिक अवशेषों के ऊपर किया जाता था। विभिन्न कालखंडों पर हुई चर्चा चर्चा में बताया कि भारत में स्तूप आर्किटेक्चर का विकास विभिन्न कालखंडों और परंपराओं के प्रभाव से हुआ। मौर्यकाल के साथ इंडो-ग्रीक, इंडो-सिथियन कला ने भी बौद्ध आर्किटेक्चर को प्रभावित किया। इन परंपराओं के कोऑर्डिनेशन से भारतीय बौद्ध आर्किटेक्चर को विशेष स्वरूप मिला। महाराष्ट्र के नालासोपारा स्थित स्तूप का उदाहरण देते हुए डॉ. यादव ने प्राचीन ईंट निर्मित स्मारकों के संरक्षण में आने वाली चुनौतियों और संरचनात्मक समस्याओं की जानकारी दी। उन्होंने स्मारकों के संरक्षण में वैज्ञानिक तकनीकों और सही संरक्षण प्रक्रिया की आवश्यकता पर जोर दिया। कार्यक्रम में निदेशक रेनू द्विवेदी ने अतिथियों को पौधा देकर सम्मानित किया । इस दौरान 100 से अधिक लोगों ने ऑफलाइन और 50 से अधिक ने ऑनलाइन हिस्सा लिया। डाटा और ग्राफिक्स के माध्यम से पूरी प्रेजेंटेशन दी गई, जिससे मौजूद लोगों को भारतीय बौद्ध आर्किटेक्चर, स्तूपों के ऐतिहासिक विकास और उनके संरक्षण से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां हासिल करने में आसानी हुई।
राजगढ़ जिले के खुजनेर में पत्नी वंदना की हत्या के मामले में कोर्ट ने पति प्रखर उपाध्याय को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। हत्या की वजह कोई बड़ा विवाद नहीं, बल्कि रात में मोबाइल चलाने को लेकर हुआ झगड़ा सामने आया। गुस्से में प्रखर ने पत्नी के सिर पर लोहे की रॉड से तीन वार किए। पत्नी के गिरने के बाद भी वह नहीं रुका और एयर पिस्टल से फायर कर दिया। मामले में रॉड पर मिले आरोपी के अंगुलियों के निशान अभियोजन के लिए अहम सबूत बने। पत्नी की मौत के बाद सामने आया घटनाक्रमअभियोजन के अनुसार 3 मार्च 2024 की रात प्रखर और वंदना घर के कमरे में अकेले थे। प्रखर मोबाइल चला रहा था। वंदना ने उसे मोबाइल चलाने पर टोका तो दोनों के बीच विवाद हो गया। विवाद बढ़ने पर प्रखर ने लोहे की रॉड उठाई और वंदना के सिर पर तीन बार हमला किया। गंभीर चोट लगने से वह पलंग पर गिर गई। इसके बाद आरोपी ने एयर पिस्टल से भी फायर किया। सुबह परिजन पहुंचे तो पलंग पर पड़ा था शव4 मार्च की सुबह वंदना की मौत की जानकारी उसके मायके पक्ष को मिली। मामा गौतम दुबे समेत परिजन खुजनेर पहुंचे। घर के अंदर पलंग पर वंदना मृत अवस्था में मिली। उसके सिर से खून निकल रहा था। परिजनों ने ससुराल पक्ष पर दहेज को लेकर प्रताड़ित करने और मारपीट का आरोप लगाया। पुलिस ने हत्या का केस दर्ज कर जांच शुरू की। रॉड ने खोल दिया राज, अंगूठे का निशान आरोपी से मिलाजांच में पुलिस ने प्रखर की निशानदेही पर लोहे की रॉड और एयर पिस्टल समेत अन्य सामान जब्त किया। रॉड के मध्य हिस्से पर मिले चांस प्रिंट को अंगुल चिन्ह विशेषज्ञ ने विकसित किया। जांच में यह निशान प्रखर के दाहिने हाथ के अंगूठे से मैच हुआ। अभियोजन ने इस विशेषज्ञ साक्ष्य को कोर्ट में महत्वपूर्ण आधार बनाया। विशेष लोक अभियोजक आलोक श्रीवास्तव ने कोर्ट में तर्क दिया कि हत्या ससुराल के कमरे में हुई, जहां घटना के समय पति-पत्नी मौजूद थे। अंदर की घटना के बारे में आरोपी ही स्पष्ट जानकारी दे सकता था। बचाव पक्ष की ओर से ऐसा कोई संतोषजनक स्पष्टीकरण नहीं दिया गया, जिससे हत्या में उसकी भूमिका पर संदेह पैदा हो। कोर्ट ने परिस्थितिजन्य साक्ष्यों को माना पर्याप्त मामला प्रत्यक्षदर्शी के बजाय परिस्थितिजन्य और विशेषज्ञ साक्ष्यों पर आधारित था। अभियोजन ने आरोपी की मौजूदगी, उसकी निशानदेही पर बरामद रॉड और उस पर मिले अंगुलियों के निशान समेत अन्य साक्ष्य कोर्ट में पेश किए। राजगढ प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश लखनलाल गोस्वामी ने प्रखर उपाध्याय को धारा 302 के तहत दोषी मानते हुए आजीवन कारावास और ₹5 हजार अर्थदंड से दंडित किया।
हरदोई में एक पेट्रोल पंप पर रविवार शाम 4 बजे एक युवक हाथ में कोबरा सांप लेकर पहुंचा। सांप को देखकर वहां मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। युवक ने पेट्रोल पंप पर काफी देर तक ऐसी हरकतें कीं। इस घटना के कई वीडियो भी सामने आए हैं। पूरा मामला पाली कस्बा क्षेत्र की है। सांप को मौजूद लोगों की तरफ छोड़ा प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, युवक कभी कोबरा को अपने गले में डाल रहा था तो कभी उसे जेब में रख लेता था। उसने कई बार सांप को वहां मौजूद लोगों की तरफ भी छोड़ा। कोबरा से बचने के लिए लोग इधर-उधर भागते दिखे, जिससे पेट्रोल पंप पर अफरा-तफरी मच गई। आरोप है कि युवक पेट्रोल पंप पर मौजूद लोगों से रुपए भी मांग रहा था। रुपए न देने पर वह सांप दिखाकर उन्हें डराता था। युवक की इन हरकतों से पेट्रोल पंप कर्मचारियों और ग्राहकों में भय का माहौल बना रहा। मामले की जांच में जुटी पुलिस काफी देर तक तमाशा करने के बाद युवक सांप को जेब में डालकर मौके से चला गया। घटना के बाद लोगों में युवक की हरकतों को लेकर आक्रोश और तरह-तरह की चर्चाएं होती रहीं। स्थानीय लोगों ने बताया कि युवक नशे की हालत में था, हालांकि उसकी पहचान नहीं हो पाई है। इस मामले में प्रभारी निरीक्षक विजय कुमार मिश्रा ने बताया कि घटना की जांच की जाएगी।
दिल्ली-NCR में बारिश के बाद भी उमस ने बढ़ाई बेचैनी, मौसम विभाग ने बताया कब मिलेगी राहत
रविवार को दिल्ली में हल्की वर्षा के बाद भी लोगों को उमस और चिपचिपी गर्मी से पूरी राहत नहीं मिली, अधिकतम तापमान सामान्य से अधिक रहा। मौसम विभाग के अनुसार, हवा में नमी के कारण यह स्थिति बनी हुई है और पूर्ण राहत के लिए अभी इंतजार करना होगा।
मऊंगज में महेवा गांव के पास रविवार रात सड़क हादसे में 22 वर्षीय युवक भरत प्रजापति गंभीर रूप से घायल हो गए। तेज रफ्तार बाइक अनियंत्रित होकर फिसलने की वजह से युवक के सिर और चेहरे पर गंभीर चोटें आई हैं। जानकारी के मुताबिक, शिवराजपुर गांव के रहने वाले भरत प्रजापति (22), पिता लाल प्रजापति, रविवार रात करीब 9 बजे किसी जरूरी काम से कलवारी गांव जा रहे थे। जैसे ही वे महेवा गांव के पास पहुंचे, उनकी बाइक अचानक अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गई। भरत सड़क पर गिरकर बुरी तरह जख्मी हो गए। ग्रामीणों ने बुलाई एम्बुलेंस, हालत गंभीर हादसे के बाद राहगीरों और ग्रामीणों ने तुरंत 108 एम्बुलेंस को सूचना दी। मौके पर पहुंची एम्बुलेंस की मदद से घायल युवक को नईगढ़ी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। डॉक्टरों के मुताबिक, सिर और चेहरे पर ज्यादा चोट लगने के कारण युवक की हालत गंभीर बनी हुई है। घटना की जानकारी मिलते ही परिजन भी अस्पताल पहुंच गए हैं, जहां डॉक्टरों की निगरानी में इलाज जारी है।
भारतीय महिलाओं के बारे में वह बातें जो महिलाएं भी नहीं जानती, NFHS-6 का खुलासा पढ़िए
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स्कूली छात्रा से छेड़छाड़ करने वाला युवक गिरफ्तार:मैहर में पॉक्सो एक्ट केस दर्ज, कोर्ट ने जेल भेजा
मैहर जिले के अमरपाटन में स्कूली छात्रा से छेड़छाड़ करने वाले को गिरफ्तार किया गाय है। रविवार शाम पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। मामला अमरपाटन थाना क्षेत्र का है। पीड़ित नाबालिग छात्रा ने शनिवार 22 अगस्त की दोपहर पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। उसने बताया कि 8 अगस्त को जब वह स्कूल जा रही थी, तब आरोपी ने उसका हाथ पकड़कर बदसलूकी की थी। इसके बाद भी आरोपी लगातार उसका पीछा करता था और बात करने का दबाव बनाता था। जब छात्रा ने विरोध किया, तो उसने जान से मारने की धमकी दी। पॉक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज पुलिस ने आरोपी के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं और पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया। पुलिस ने शनिवार रात को ही आरोपी दिलीप पाठक (36), निवासी मझगवां को गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।
बिहार सरकार ने राज्य में होने वाली विभिन्न परीक्षाओं की व्यवस्था में सुधार के लिए बड़ा कदम उठाया है। सामान्य प्रशासन विभाग ने अधिसूचना जारी कर ‘परीक्षा सुधार पर एक विशेषज्ञ समिति’ के गठन का निर्णय लिया है। यह समिति राज्य के विभिन्न परीक्षा बोर्डों, आयोगों, विश्वविद्यालयों और भर्ती एजेंसियों की ओर से आयोजित परीक्षाओं की पूरी प्रक्रिया की समीक्षा करेगी और उसमें सुधार के लिए सरकार को सुझाव देगी। परीक्षा व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और भरोसेमंद बनाने का लक्ष्य सरकार ने अधिसूचना में कहा है कि परीक्षा किसी भी उम्मीदवार की क्षमता का आकलन करने, उसकी पात्रता तय करने और उच्च शिक्षा या सरकारी रोजगार के लिए चयन करने का महत्वपूर्ण माध्यम है। इसलिए परीक्षा और भर्ती व्यवस्था में आम लोगों और अभ्यर्थियों का विश्वास बनाए रखना जरूरी है। सरकार के अनुसार हाल के वर्षों में परीक्षार्थियों की संख्या बढ़ी है। माध्यमिक और उच्च शिक्षा के विस्तार के साथ सरकारी नौकरी के लिए प्रतियोगिता भी बढ़ी है। इसके अलावा डिजिटल तकनीक, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के इस्तेमाल और परीक्षा में अधिक पारदर्शिता की जरूरत के कारण पूरी परीक्षा व्यवस्था पहले की तुलना में अधिक जटिल हो गई है। रजिस्ट्रेशन से रिजल्ट तक पूरी प्रक्रिया की होगी समीक्षा विशेषज्ञ समिति केवल प्रश्नपत्र या परीक्षा केंद्र तक सीमित नहीं रहेगी। परीक्षा के पूरे चक्र की समीक्षा की जाएगी। इसमें पंजीकरण, प्रश्नपत्र तैयार करना, परीक्षा संचालन, मूल्यांकन, रिजल्ट जारी करना, शिकायतों का निपटारा और परीक्षा से जुड़े रिकॉर्ड को सुरक्षित रखने तक की व्यवस्था शामिल होगी। समिति का उद्देश्य ऐसी परीक्षा प्रणाली तैयार करना है जो निष्पक्ष, सुरक्षित, पारदर्शी, तकनीकी रूप से सक्षम, समयबद्ध, योग्यता आधारित और विश्वसनीय हो। समिति के प्रमुख उद्देश्यों में प्रश्नपत्र लीक, छद्म परीक्षार्थी, परीक्षा में चोरी और सामूहिक नकल जैसी गड़बड़ियों को रोकना शामिल है। इसके साथ ही परीक्षा केंद्रों से उत्तर पुस्तिकाओं के साथ छेड़छाड़, परीक्षा के डेटा तक अनधिकृत पहुंच और रिजल्ट में हेरफेर जैसी समस्याओं को भी खत्म करने के उपाय सुझाए जाएंगे। परीक्षा परिणाम में देरी की भी होगी जांच समिति परीक्षाओं के मूल्यांकन और परिणाम जारी करने में होने वाली देरी के कारणों की भी समीक्षा करेगी। इसके लिए राज्य स्तर पर एक परीक्षा कैलेंडर तैयार करने की सिफारिश की जा सकती है। इस कैलेंडर में विज्ञापन जारी होने से लेकर आवेदन, प्रवेश पत्र, परीक्षा, प्रोविजनल उत्तर कुंजी, आपत्ति दर्ज कराने, अंतिम उत्तर कुंजी, मूल्यांकन और परिणाम जारी करने तक के लिए अधिकतम समय-सीमा तय करने की व्यवस्था पर विचार होगा। प्रश्नपत्र तैयार करने की व्यवस्था में बदलाव पर जोर समिति प्रश्नपत्र निर्माण की पूरी प्रक्रिया की समीक्षा करेगी। इसमें प्रश्नपत्र की सेटिंग, मॉडरेशन, प्रशिक्षित और सूचीबद्ध पेपर सेटर्स का इस्तेमाल तथा प्रश्नों के कठिनाई स्तर को मानकीकृत करने जैसे मुद्दे शामिल हैं। इससे अलग-अलग परीक्षाओं में प्रश्नपत्र की गुणवत्ता और कठिनाई के स्तर में अनावश्यक अंतर को कम करने में मदद मिल सकती है। परीक्षा सुरक्षा का होगा व्यापक ऑडिट समिति पूरी परीक्षा व्यवस्था का सुरक्षा ऑडिट करेगी। इसमें प्रश्नपत्र की सेटिंग से लेकर उसके सुरक्षित भंडारण, परिवहन, वितरण और डिजिटल ट्रांसमिशन तक की जांच की जाएगी। परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा, अभ्यर्थियों की पहचान, बायोमेट्रिक सत्यापन, सीसीटीवी निगरानी, वीक्षक की भूमिका, उत्तर पुस्तिकाओं का संग्रहण और सुरक्षित परिवहन जैसे पहलुओं की भी समीक्षा होगी। डिजिटल तकनीक और AI के इस्तेमाल पर भी फोकस सरकार ने परीक्षा व्यवस्था में डिजिटल तकनीक, डेटा एनालिटिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और साइबर सुरक्षा उपकरणों के उचित इस्तेमाल पर भी जोर दिया है। समिति यह देखेगी कि तकनीक का इस्तेमाल किस तरह परीक्षा प्रक्रिया को सुरक्षित और पारदर्शी बना सकता है। साथ ही अभ्यर्थियों के डेटा की सुरक्षा और डिजिटल सिस्टम में अनधिकृत पहुंच को रोकने के उपाय भी सुझाए जाएंगे। प्रश्नपत्र और उत्तर पुस्तिकाओं के लिए स्पष्ट Chain of Custody Protocol यानी किस चरण में सामग्री किसके पास रही, इसका रिकॉर्ड रखने की व्यवस्था बनाने की सिफारिश की जाएगी। इसका उद्देश्य परीक्षा सामग्री के साथ किसी भी तरह की छेड़छाड़ की संभावना को कम करना और जरूरत पड़ने पर जिम्मेदारी तय करना है। ग्रामीण और कमजोर वर्ग के छात्रों का भी रखा जाएगा ध्यान समिति यह भी सुनिश्चित करेगी कि परीक्षा सुधार के कारण ग्रामीण, आर्थिक रूप से कमजोर, सामाजिक रूप से वंचित या डिजिटल सुविधाओं से कम जुड़े अभ्यर्थियों को नुकसान न हो। यानी तकनीक आधारित परीक्षा व्यवस्था लागू करते समय यह ध्यान रखा जाएगा कि सभी उम्मीदवारों को समान अवसर मिल सके। किन परीक्षाओं की समीक्षा कर सकती है समिति? अधिसूचना के अनुसार समिति बिहार में आयोजित होने वाली कई तरह की परीक्षाओं की जांच और समीक्षा कर सकती है। इनमें मुख्य रूप से माध्यमिक और उच्च माध्यमिक परीक्षाएं, विश्वविद्यालय स्तर की परीक्षाएं, व्यावसायिक एवं तकनीकी परीक्षाएं, प्रवेश और पात्रता परीक्षाएं, भर्ती एवं प्रतियोगिता परीक्षाएं शामिल हैं। समिति संवैधानिक और वैधानिक परीक्षा एवं भर्ती निकायों की स्वायत्तता का सम्मान करते हुए उनके बीच समन्वय और साझा सर्वोत्तम प्रक्रियाओं के लिए संस्थागत व्यवस्था की सिफारिश करेगी। परीक्षा बोर्ड और आयोगों की जिम्मेदारी भी तय होगी समिति बिहार में परीक्षा आयोजित करने वाले मौजूदा संस्थागत ढांचे की समीक्षा करेगी। परीक्षा बोर्ड, आयोग, विश्वविद्यालय, विभाग, जिला प्रशासन और परीक्षा केंद्रों की भूमिका एवं जिम्मेदारियों को भी देखा जाएगा। परीक्षा प्रक्रिया के अलग-अलग चरणों में गड़बड़ी होने पर जिम्मेदारी तय करने के लिए बेहतर व्यवस्था बनाने की सिफारिश भी समिति करेगी। पांच सदस्यीय समिति का होगा गठन सरकार ने विशेषज्ञ समिति को पांच सदस्यीय रखने का निर्णय लिया है। समिति की अध्यक्षता सेवानिवृत्त उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश, सेवारत या सेवानिवृत्त उच्च न्यायालय के न्यायाधीश में से किसी एक के हाथ में होगी। अध्यक्ष के मनोनयन के लिए आवश्यकता के अनुसार उच्चतम न्यायालय या उच्च न्यायालय से अनुरोध किया जाएगा। तीन महीने के भीतर देनी होगी रिपोर्ट समिति को अपनी स्थापना की तारीख से तीन महीने के भीतर सरकार को अपनी सिफारिशें सौंपनी होंगी। समिति अपने काम के दौरान आयोगों, विश्वविद्यालयों, संस्थानों, जिला प्रशासन, राज्य की भर्ती एजेंसियों, विषय विशेषज्ञों, तकनीकी संस्थानों, टेक्नोलॉजी विशेषज्ञों और अन्य लोगों से सलाह ले सकेगी। हालांकि समिति के दौरान किए गए परामर्श और पत्राचार को गोपनीय रखने का प्रावधान किया गया है।
कोंडागांव के बोरगांव स्थित मदर टेरेसा इंग्लिश मीडियम हाई स्कूल, बोरगांव के दो होनहार क्रिकेट खिलाड़ी श्रेयांश सज्जल और अर्नव इक्का ने अंडर-14 वर्ग की राज्य स्तरीय क्रिकेट प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन किया। दोनों खिलाड़ियों ने 18 से 21 अगस्त तक गौरेला-पेंड्रा-मरवाही में आयोजित राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में हिस्सा लिया। दोनों खिलाड़ियों का सफर जिला स्तरीय प्रतियोगिता से शुरू हुआ। 23 जुलाई को कोंडागांव में हुई जिला स्तरीय प्रतियोगिता में अच्छा प्रदर्शन करने के बाद उन्होंने बस्तर संभाग स्तरीय प्रतियोगिता में जगह बनाई। 25 जुलाई को जगदलपुर में हुई संभाग स्तरीय प्रतियोगिता में भी दोनों ने शानदार खेल दिखाया और राज्य स्तरीय प्रतियोगिता के लिए चयनित हुए। पेंड्रा में दिखाया खेल का दम राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में प्रदेशभर के प्रतिभावान खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया। श्रेयांश और अर्नव ने भी कठिन मुकाबलों में पूरे आत्मविश्वास के साथ खेलते हुए शानदार प्रदर्शन किया। उनके प्रदर्शन से स्कूल के साथ-साथ बोरगांव के खेल प्रेमियों में भी खुशी है। स्कूल में खुशी का माहौल दोनों खिलाड़ियों की सफलता से मदर टेरेसा इंग्लिश मीडियम हाई स्कूल में खुशी का माहौल है। स्कूल के प्राचार्य फादर फिलिप अब्राहम ने श्रेयांश और अर्नव को बधाई दी। उन्होंने कहा कि दोनों खिलाड़ियों की मेहनत और लगन से उन्हें राज्य स्तर पर खेलने का मौका मिला है। यह स्कूल और पूरे क्षेत्र के लिए गर्व की बात है। दोनों खिलाड़ियों के अभिभावक भी उनकी सफलता से खुश हैं। उन्होंने स्कूल प्रबंधन और खेल प्रशिक्षकों का आभार जताया। स्कूल परिवार ने दोनों खिलाड़ियों को आगे की प्रतियोगिताओं के लिए शुभकामनाएं दीं।
47 से 120 तक पहुंचाया; सपा ने जयंत-पल्लवी को धोखा दिया, आरक्षण पर क्या बोले ओपी राजभर?
सुभासपा अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर ने कहा कि आरक्षण खत्म नहीं हो सकता, इसे लेकर भ्रम फैलाया जा रहा है। उन्होंने कोटा में कोटा का विरोध करते हुए कहा कि आरक्षण का लाभ जरूरतमंदों तक पहुंचना चाहिए। राजभर ने सपा, बसपा और कांग्रेस पर प्रजापति समाज को केवल वोट बैंक मानने का आरोप लगाया।
सांची उपडाकघर बनकर तैयार:केंद्रीय मंत्री सिंधिया सोमवार को उद्घाटन करेंगे; आधुनिक तरीके से बनाया गया
सांची उपडाकघर के कायाकल्प और सौंदर्यीकरण का काम पूरा हो चुका है। केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया 24 अगस्त को शाम करीब 5 बजे वर्चुअल माध्यम से इसका लोकार्पण करेंगे। ऐतिहासिक नगरी सांची की पहचान को ध्यान में रखते हुए डाकघर भवन को आधुनिक और आकर्षक स्वरूप दिया गया है। स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर (एसपीए), नई दिल्ली के डिजाइन दिशा-निर्देशों के अनुसार भवन के बाहरी और आंतरिक स्वरूप को तैयार किया गया है। यह उपडाकघर आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा। यहां नागरिकों को स्पीड पोस्ट, डाक बचत बैंक, डाक जीवन बीमा, आधार, पार्सल सहित अन्य डाक एवं वित्तीय सेवाएं बेहतर वातावरण में उपलब्ध होंगी। स्थानीय कार्यक्रम में सांची विधायक डॉ. प्रभुराम चौधरी, नगर परिषद अध्यक्ष पप्पू रेवाराम अहिरवार सहित डाक विभाग के अधिकारी, जनप्रतिनिधि और नागरिक मौजूद रहेंगे।
दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) ने मास्टर प्लान 2047 के क्रियान्वयन को तेजी से धरातल पर उतारने के लिए व्यापक जनसंपर्क अभियान शुरू किया है। इसके तहत अगले तीन माह में विभिन्न हितधारकों के साथ 20 से अधिक बैठकें आयोजित की जाएंगी ताकि जागरूकता बढ़ाई जा सके।
बुरहानपुर के शाहपुर में दो नाबालिग बहनों से दुष्कर्म और यौन शोषण का मामला सामने आया है। पुलिस ने मामले में रविवार को उनकी मां समेत 3 लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बताया कि मां पैसों के लिए अपनी दोनों नाबालिग बेटियों को अलग-अलग लोगों के साथ भेजती थी। उन्हीं लोगों पर नाबालिगों से दुष्कर्म के आरोप हैं। मामला 21 अगस्त को दर्ज किया गया था। इसमें पॉक्सो एक्ट सहित अन्य धाराएं लगाई गई थीं। पुलिस के मुताबिक, पैसा कमाने के लिए मां ने पहली नाबालिग बेटी को अलग-अलग समय पर तीन पुरुषों के पास भेजा था। उसके बाद आरोपी गोविंदा के रहने के लिए कहा। आरोपी गोविंदा को गिरफ्तार कर लिया गया है। उसके पास से एक लाख रुपए के लेनदेन की जानकारी भी सामने आई है। रुपयों के लिए बेटियों को पुरुषों के साथ भेजती रही पुलिस ने बताया कि मां ने ही दूसरी बेटी को भी कमलेश नाम के व्यक्ति के पास भेजा था। दोनों नाबालिगों गर्भवती हैं। इसके बाद दोनों का मेडिकल परीक्षण कराया गया है। DNA जांच और बयान भी लिए जा रहे शाहपुर थाने के सब इंस्पेक्टर शैलेंद्र सिंह तोमर ने बताया कि मामले में DNA जांच की प्रक्रिया चल रही है। पुलिस दोनों नाबालिगों के बयान और मेडिकल रिपोर्ट भी जांच में शामिल कर रही है। इसके अलावा आर्थिक लेनदेन, दस्तावेज और दूसरे सबूत भी जुटाए जा रहे हैं। गिरफ्तार किए गए 3 लोगों में नाबालिगों की मां, गोविंदा पिता पप्पू और कमलेश पिता नानसिंह शामिल हैं। पुलिस मामले में बताए गए अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है।
यूपी में गंभीर मरीजों को समय पर बेहतर इलाज उपलब्ध कराने के लिए ट्रॉमा और इमरजेंसी नेटवर्क को मजबूत किया जाएगा। इसके तहत मेडिकल कॉलेजों, जिला अस्पतालों, ट्रॉमा सेंटरों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों, एंबुलेंस सेवाओं और विशेषज्ञ डॉक्टरों को आपस में जोड़ा जाएगा। इससे सड़क हादसे, हार्ट अटैक और गंभीर चोट जैसी आपात स्थिति में मरीज को शुरुआती स्तर पर ही सही इलाज मिल सकेगा और जरूरत पड़ने पर उसे तुरंत उच्च स्तरीय अस्पताल भेजा जा सकेगा।यह जानकारी डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने रविवार को SGPGI में आयोजित EMPARV-2026 सम्मेलन में दी। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश जैसे बड़े राज्य में इमरजेंसी सेवाओं को केवल बड़े शहरों तक सीमित नहीं रखा जा सकता। डिजिटल रेफरल सिस्टम से तेजी से होगा मरीजों का ट्रांसफर ब्रजेश पाठक ने कहा कि गंभीर मरीजों को उनकी जरूरत के मुताबिक उच्च स्तरीय अस्पताल तक पहुंचाने के लिए डिजिटल रेफरल व्यवस्था विकसित की जाएगी। इससे मरीज की स्थिति और उपचार से जुड़ी जानकारी पहले ही संबंधित अस्पताल तक पहुंच सकेगी। इससे इलाज शुरू करने में लगने वाला समय कम होगा और मरीज को एक अस्पताल से दूसरे अस्पताल ले जाने की प्रक्रिया ज्यादा प्रभावी होगी। 1000 से ज्यादा विशेषज्ञों ने साझा किए उपचार के तरीके सम्मेलन में अमेरिका, ब्रिटेन, सिंगापुर समेत कई देशों के 1000 से अधिक डॉक्टरों ने हिस्सा लिया। विशेषज्ञों ने इमरजेंसी और ICU में गंभीर मरीजों के उपचार को अधिक प्रभावी बनाने के आधुनिक तरीकों पर चर्चा की। वक्ताओं ने कहा कि आधुनिक इमरजेंसी मेडिसिन को मजबूत जीवनरक्षक व्यवस्था के रूप में विकसित करना समय की जरूरत है। कार्यक्रम में अपर मुख्य सचिव अमित कुमार घोष, SGPGI निदेशक डॉ. आरके धीमन, इमरजेंसी मेडिसिन विभागाध्यक्ष डॉ. आरके सिंह समेत कई विशेषज्ञ मौजूद रहे।
कर्नाटक लोक सेवा आयोग (KPSC) की 400 वेटरिनरी ऑफिसर्स की भर्ती में कथित गड़बड़ियों की जांच रविवार को बरेली पहुंच गई। प्रवर्तन निदेशालय (ED) की टीम ने नवाबगंज क्षेत्र के हिमकरपुर चमरुआ गांव में 2016 बैच के IAS अधिकारी ज्ञानेंद्र कुमार गंगवार के पैतृक आवास पर तलाशी ली। टीम ने दस्तावेजों और अन्य रिकॉर्ड की जांच की। कार्रवाई कर्नाटक में सामने आए कथित भर्ती घोटाले की मनी लॉन्ड्रिंग जांच का हिस्सा बताई जा रही है। लखनऊ नंबर की गाड़ियों से पहुंची ED टीम रविवार दोपहर ED की टीम कई गाड़ियों से हिमकरपुर चमरुआ पहुंची। टीम के साथ पुलिस बल भी मौजूद था। अधिकारियों ने सीधे गंगवार के पैतृक आवास में प्रवेश किया और दस्तावेजों समेत अन्य रिकॉर्ड खंगालना शुरू किया। ED ने IAS अधिकारी के बेंगलुरु और बरेली स्थित परिसरों की तलाशी PMLA के तहत चल रही जांच के सिलसिले में ली। कार्रवाई की जानकारी मिलते ही गांव में हलचल बढ़ गई। घर के आसपास लोगों की आवाजाही सीमित रखी गई। 400 Veterinary Officers की भर्ती में गड़बड़ी के आरोप जांच किसी सामान्य KPSC परीक्षा के पेपर लीक से जुड़ी नहीं है। मामला 400 Veterinary Officers की भर्ती परीक्षा से संबंधित है। KPSC ने 8 और 9 जनवरी 2026 को परीक्षा कराई थी। 17 जुलाई को 400 पदों की अंतिम चयन सूची जारी की गई। इसके बाद परीक्षा और चयन प्रक्रिया में गड़बड़ी के आरोप सामने आए। शिकायतों में नौकरी दिलाने के नाम पर कुछ अभ्यर्थियों से 70 से 80 लाख रुपए तक मांगने के आरोप लगाए गए। कुछ मामलों में यह रकम 80 लाख से एक करोड़ रुपए तक होने का दावा भी किया गया। कथित बिचौलियों की बातचीत की ऑडियो रिकॉर्डिंग भी जांच एजेंसियों को दिए जाने की बात सामने आई है। पेपर लीक के साथ OMR में छेड़छाड़ का आरोप मामले में केवल पेपर लीक ही नहीं, बल्कि OMR उत्तर पुस्तिकाओं में कथित छेड़छाड़, अभ्यर्थियों की गोपनीय जानकारी लीक करने और चयन प्रक्रिया में हेरफेर के आरोप भी हैं। कुछ चयनित अभ्यर्थियों के अंकों को लेकर भी सवाल उठाए गए। जांच में डिजिटल मूल्यांकन की प्रक्रिया भी शामिल है। ED ने KPSC के अलावा परीक्षा की कॉपियों के डिजिटल मूल्यांकन से जुड़ी कंपनी के परिसरों पर भी तलाशी ली थी। 18 अगस्त को 21 ठिकानों पर हुई थी छापेमारी ED ने इससे पहले 18 अगस्त को कर्नाटक और अहमदाबाद समेत 21 ठिकानों पर तलाशी ली थी। इनमें KPSC कार्यालय, निलंबित KPSC चेयरमैन शिवशंकरप्पा एस. साहूकर का आवास, KPSC सदस्य शांता होस्मानी, कथित बिचौलियों, डिजिटल मूल्यांकन से जुड़ी कंपनी और चयनित Veterinary Officers से जुड़े परिसर शामिल बताए गए। इससे पहले कर्नाटक सरकार मामले की जांच CID को सौंप चुकी है। पुलिस स्तर पर भी कथित पेपर लीक और OMR में छेड़छाड़ को लेकर FIR दर्ज की गई थी। गंगवार की भूमिका जांच के दायरे में, आरोप साबित नहीं गंगवार का नाम इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि भर्ती परीक्षा की प्रक्रिया के दौरान वे KPSC में परीक्षा नियंत्रक की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। हालांकि, ED की तलाशी को उनके खिलाफ अपराध साबित होने के तौर पर नहीं देखा जा सकता। कर्नाटक के गृह मंत्री प्रियांक खरगे ने 22 अगस्त को कहा था कि गंगवार के खिलाफ फिलहाल कोई आरोप नहीं है। उन्होंने बताया था कि गंगवार कुछ समय से संपर्क में नहीं थे और बाद में जानकारी मिली कि वे अपने पिता की तबीयत खराब होने के कारण उत्तर प्रदेश आए थे। बरेली में क्या मिला, इसकी जानकारी नहीं बरेली स्थित पैतृक आवास पर तलाशी के दौरान ED को क्या दस्तावेज या इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड मिले, इसकी आधिकारिक जानकारी फिलहाल सामने नहीं आई है। बरामद सामग्री का भर्ती मामले से क्या संबंध है, यह भी जांच के बाद स्पष्ट होगा। फिलहाल ED की जांच का फोकस 400 Veterinary Officers की भर्ती में कथित रिश्वतखोरी, पेपर लीक, OMR से छेड़छाड़ और चयन प्रक्रिया में हेरफेर से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग एंगल पर है। कौन हैं IAS ज्ञानेंद्र गंगवार? ज्ञानेंद्र कुमार गंगवार 2016 बैच के कर्नाटक कैडर के IAS अधिकारी हैं। वे UPSC सिविल सेवा परीक्षा के जरिए IAS बने। उनका पैतृक घर बरेली में है। गंगवार KPSC में Controller of Examinations यानी परीक्षा नियंत्रक की जिम्मेदारी संभाल चुके हैं। जनवरी 2025 के कर्नाटक सरकार के पदोन्नति आदेश में भी उन्हें KPSC के परीक्षा नियंत्रक का अतिरिक्त प्रभार संभालते हुए दर्ज किया गया था। मार्च 2026 में उन्हें इस पद से हटा दिया गया। फिलहाल उनकी पोस्टिंग कर्नाटक के उद्योग एवं वाणिज्य विभाग में Director-MSME के तौर पर बताई गई है।
चंपारण सत्याग्रह के सूत्रधार पंडित राजकुमार शुक्ल की 151वीं जयंती रविवार को बेतिया में श्रद्धा के साथ मनाई गई। इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में उनके योगदान को याद करते हुए उन्हें देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘भारत रत्न’ देने की मांग उठाई गई। कार्यक्रम में बेतिया नगर निगम की महापौर गरिमा देवी शिकारिया, चनपटिया विधायक अभिषेक रंजन सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम में वक्ताओं ने पंडित राजकुमार शुक्ल के जीवन और संघर्ष को याद किया। उन्होंने बताया कि अंग्रेजी शासन के दौरान चंपारण के किसानों पर जबरन ‘तीन कठिया प्रथा’ लागू की गई थी। इसके कारण किसानों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता था। गांधी को चंपारण लाने का लिया था संकल्प किसानों की समस्याओं को देखते हुए राजकुमार शुक्ल ने उनके अधिकारों के लिए आवाज उठाई। उन्होंने महात्मा गांधी को चंपारण लाने का संकल्प लिया और लखनऊ में उनसे मुलाकात कर चंपारण आने का आग्रह किया। उनके लगातार प्रयासों के बाद महात्मा गांधी वर्ष 1917 में चंपारण पहुंचे। चंपारण सत्याग्रह ने आंदोलन को दी नई दिशा महात्मा गांधी के चंपारण पहुंचने के बाद सत्याग्रह की शुरुआत हुई। वक्ताओं ने कहा कि चंपारण सत्याग्रह ने देश के स्वतंत्रता आंदोलन को नई दिशा दी। राजकुमार शुक्ल ने किसानों की आवाज को राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। भारत रत्न देने की मांग दोहराई कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने पंडित राजकुमार शुक्ल को ‘भारत रत्न’ देने की मांग दोहराई। लोगों ने महापौर और विधायक से इस मांग को सरकार तक पहुंचाने के लिए प्रभावी पहल करने का आग्रह किया। साथ ही, उनके संघर्ष, त्याग और आदर्शों को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का संकल्प लिया गया।
कमला नगर स्थित श्रीजगन्नाथ मंदिर (इस्कॉन) में रविवार को झूलन महोत्सव भक्तिभाव के साथ मनाया गया। हरे राम-हरे कृष्णा के संकीर्तन की भक्तिमय धुनों के बीच श्रीराधा-कृष्ण को फूलों और पत्तों से सजे मनमोहक प्राकृतिक झूले में विराजमान किया गया। मंदिर परिसर में हर तरफ फूलों की महक और हरियाली की छटा दिखाई दी। भगवान के दर्शन और झूलन उत्सव में शामिल होने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। भक्तों ने बारी-बारी से भगवान को झोटा दिया और जयकारों के बीच दर्शन किए। मोगरे के सुगंधित फूलों के साथ अशोक और आम के पत्तों से विशेष झूला सजाया गया था। सिर पर मोरमुकुट और हाथों में बांसुरी धारण किए भगवान श्रीकृष्ण राधारानी के साथ झूले में विराजमान रहे। इस दौरान मंदिर परिसर में संकीर्तन गूंजता रहा। झूलन महोत्सव के तहत आकर्षक झांकियां और फूल बंगला भी सजाया गया, जिन्हें देखने के लिए भक्त उत्साहित नजर आए। 28 अगस्त तक प्रतिदिन होंगे कथा, कीर्तन और फूल बंगला मंदिर अध्यक्ष अरविन्द प्रभु ने श्रीकृष्ण जन्म कथा का वर्णन करते हुए झूलन यात्रा महोत्सव के धार्मिक महत्व की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह महोत्सव 28 अगस्त तक प्रतिदिन आयोजित किया जाएगा। इस दौरान मंदिर परिसर में कथा और कीर्तन के साथ फूल बंगला भी सजाया जाएगा। श्रद्धालु प्रतिदिन श्रीराधा-कृष्ण के झूलन के दर्शन कर सकेंगे। झूलन महोत्सव में भगवान श्रीजगन्नाथ के साथ बहन सुभद्रा और भाई बलभद्र का भी विशेष श्रृंगार किया गया। फूलों से महकते फूल बंगले और गुलाबी रंग की मनमोहक पोशाक में सजे भगवान के दर्शन कर श्रद्धालु भावविभोर नजर आए। कई भक्त भगवान के दर्शन के दौरान भक्ति में लीन होकर बलइयां लेते दिखाई दिए। आयोजन में नितेश अग्रवाल, सुशील अग्रवाल, शैलेन्द्र अग्रवाल, कान्ता प्रसाद अग्रवाल, संजीव बंसल, शैलेश बंसल, संजय कुकरैजा, राजेश मल्होत्रा, संजीव मित्तल, राजेश उपाध्याय, ओमप्रकाश, देव केशव और अदिति गौरांगी सहित अन्य श्रद्धालु मौजूद रहे।
दमोह जिले के हटा क्षेत्र से निकली सुनार नदी में रविवार रात एक महिला का शव मिला। पुलिस के देर से पहुंचने के कारण महिला का शव नदी के तेज बहाव में करीब 8 किलोमीटर तक बह गया, जिसे बाद में काफी मशक्कत के बाद बाहर निकाला गया। रविवार शाम करीब 6 बजे हटा के हारट गांव के पास स्थानीय लोगों ने सुनार नदी में एक महिला का शव देखा और तुरंत पुलिस को सूचना दी। आरोप है कि सूचना के एक घंटे बाद तक पुलिस मौके पर नहीं पहुंची, जिससे शव बहाव के साथ बहकर 8 किलोमीटर दूर घुराघाट पहुंच गया। SDRF और पुलिस ने चलाया सर्च ऑपरेशन सूचना मिलने के डेढ़ घंटे बाद एसडीओपी के निर्देश पर पुलिस और एसडीआरएफ (SDRF) की टीम नाव लेकर घुराघाट पहुंची। स्थानीय लोगों की मदद से टीम ने टॉर्च की रोशनी में सर्च ऑपरेशन चलाया और रात करीब 9 बजे कड़ी मशक्कत के बाद शव को नदी से बाहर निकाला। 35 साल की रामबाई के रूप में हुई पहचान सोशल मीडिया पर खबर फैलने के बाद मृतक की पहचान रामबाई (35), पति हीरा पटेल, निवासी कनोरा रामनगर (थाना मगरौन) के रूप में हुई। परिजन ने बताया कि महिला शनिवार शाम 7:30 बजे से घर से गायब थी। शव को पोस्टमार्टम के लिए हटा के सिविल अस्पताल में रखवाया गया है। महिला की मौत डूबने से हुई या इसके पीछे कोई और वजह है, इसका खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट और परिजन के बयानों के बाद ही हो सकेगा। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
बालोद जिले के डौंडीलोहारा ब्लॉक के ग्राम गुरामी निवासी लोक कलाकार राधे सिंह गंधर्व ने नई दिल्ली स्थित राष्ट्रपति भवन में छत्तीसगढ़ के पारंपरिक लोकवाद्य मोहरी का वादन किया। उन्होंने स्वतंत्रता दिवस के विशेष ‘एट होम’ समारोह में यह प्रस्तुति दी। इस समारोह में देशभर से गणमान्य अतिथि उपस्थित थे। राधे सिंह गंधर्व ने मोहरी की धुन छेड़कर छत्तीसगढ़ की लोकसंस्कृति की झलक प्रस्तुत की। उनकी इस प्रस्तुति से बालोद जिले की लोककला को राष्ट्रीय मंच पर पहचान मिली। राष्ट्रपति भवन जैसे प्रतिष्ठित मंच पर यह प्रस्तुति राधे सिंह की वर्षों की कला साधना का परिणाम है। इसे बालोद की लोककला के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। राष्ट्रपति भवन में प्रस्तुति देने के बाद जब राधे सिंह अपने गांव गुरामी लौटे तो ग्रामीणों और क्षेत्र के लोगों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। बड़ी संख्या में लोग उन्हें बधाई देने पहुंचे। गांव की लोककला पहुंची राष्ट्रीय मंच तक राधे सिंह गंधर्व लंबे समय से मोहरी और बांसुरी वादन के जरिए छत्तीसगढ़ की लोकपरंपरा को आगे बढ़ा रहे हैं। ग्रामीण परिवेश से निकलकर राष्ट्रीय मंच तक पहुंचे राधे सिंह की कला में छत्तीसगढ़ के लोकजीवन और परंपराओं की झलक मिलती है। राष्ट्रपति भवन में प्रस्तुति का अवसर मिलना उनके लिए ही नहीं, बल्कि डौंडीलोहारा क्षेत्र के लिए भी गौरव का विषय है। उनकी इस उपलब्धि से क्षेत्र के युवा कलाकारों को भी लोककला के क्षेत्र में आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलेगी। मोहरी की धुन से छत्तीसगढ़ की संस्कृति की झलक मोहरी छत्तीसगढ़ के पारंपरिक लोकवाद्यों में शामिल है और लोक आयोजनों में इसका विशेष महत्व रहा है। राधे सिंह ने इसी पारंपरिक वाद्य के जरिए राष्ट्रीय मंच पर प्रदेश की सांस्कृतिक पहचान प्रस्तुत की। उनकी प्रस्तुति ने यह भी दिखाया कि ग्रामीण अंचलों में पीढ़ियों से चली आ रही लोककलाओं में आज भी देश के बड़े मंच पर अपनी जगह बनाने की क्षमता है। गांव लौटे तो ग्रामीणों ने किया स्वागत राष्ट्रपति भवन में प्रस्तुति देने के बाद राधे सिंह गंधर्व के गांव गुरामी लौटने पर ग्रामीणों और क्षेत्रवासियों ने गर्मजोशी से स्वागत किया। बड़ी संख्या में लोग उन्हें बधाई देने पहुंचे। ग्रामीणों ने उनकी उपलब्धि को पूरे गांव और डौंडीलोहारा क्षेत्र के लिए गौरव का क्षण बताया। ग्रामीण परिवेश से निकलकर राष्ट्रपति भवन तक पहुंचे राधे सिंह की इस उपलब्धि ने स्थानीय लोगों में खासा उत्साह पैदा किया है।
आगामी ईद और रक्षाबंधन जैसे त्योहारों के मद्देनजर बाजारों में भीड़ बढ़ने लगी है। रविवार को छुट्टी और मौसम साफ होने के कारण लोग खरीदारी के लिए बड़ी संख्या में बाजार पहुंचे। इसे देखते हुए पुलिस प्रशासन और नगर निगम की टीम ने यातायात व्यवस्था सुगम बनाने के लिए अभियान शुरू किया है। शहर के व्यस्त बाजारों और प्रमुख मार्गों पर सुगम यातायात सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों ने कार्रवाई की। बड़े फुहारा, सुपर मार्केट, बलदेव बाग, निवाड़गंज, लॉर्डगंज और कोतवाली थाना क्षेत्रों में सड़कों पर अवैध रूप से लगाई गई दुकानों और अतिक्रमण को हटाया गया। प्रमुख क्षेत्रों में 24 कट पॉइंट चिह्नित किए पुलिस और नगर निगम की संयुक्त टीम मुख्य सड़कों पर यातायात को सुचारू बनाने में जुटी है। सड़क किनारे अवैध दुकानों और बेतरतीब वाहन पार्किंग से जाम की स्थिति बन रही है। दुकानदारों को सड़क खाली रखने और यातायात में सहयोग करने की हिदायत दी जा रही है। नियम उल्लंघन पर नगर निगम वैधानिक कार्रवाई भी कर रहा है। पुलिस प्रशासन ने बड़ा फुहारा, गोहलपुर, लॉर्डगंज और बेलबाग सहित विभिन्न प्रमुख क्षेत्रों में 24 कट पॉइंट चिह्नित किए हैं। इन स्थानों पर कट पॉइंट लगाकर ई-रिक्शा और अन्य अवांछित वाहनों के अनावश्यक प्रवेश को नियंत्रित किया जाएगा। इसका उद्देश्य आम जनता को बिना किसी असुविधा के सुरक्षित खरीदारी का अवसर प्रदान करना है। पुलिस अफसरों ने संभाली व्यवस्था अभियान के दौरान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात अखिलेश तिवारी ने सुपर मार्केट और सीएसपी कोतवाली अखिलेश गौर ने बलदेव बाग क्षेत्र की कमान संभाली। अधिकारियों ने बताया कि यह विशेष चेकिंग और ट्रैफिक नियंत्रण अभियान केवल त्योहारों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि सामान्य दिनों में भी जारी रहेगा। ई-रिक्शा के अनियमित संचालन से होने वाली जाम की समस्या को स्थायी रूप से हल करने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में एक विस्तृत योजना तैयार की जा रही है, जिसे जल्द ही लागू किया जाएगा।
दिल्ली सरकार कुख्यात गैंगस्टरों और हाई-रिस्क विचाराधीन कैदियों को दूसरे राज्यों की जेलों में स्थानांतरित करने की तैयारी कर रही है। यह कदम जेल सुरक्षा मजबूत करने और जेल से संचालित आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए उठाया जा रहा है, जिसके लिए पंजाब के संशोधित कानून को लागू करने का प्रस्ताव है।
कटिहार नगर थाना पुलिस ने 5 लाख रुपये की रंगदारी मांगने के मामले का 24 घंटे के भीतर खुलासा करते हुए पांच अपराधियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से एक देशी कट्टा, पांच जिंदा कारतूस, दो खोखे और पांच मोबाइल फोन बरामद किए हैं। फोन कर मांगी गई थी 5 लाख रुपये की रंगदारी सदर डीएसपी विशाल आनंद ने बताया कि नया टोला रामकंडू स्कूल चौक निवासी 54 वर्षीय राजीव कुमार ने 17 अगस्त को पुलिस को लिखित शिकायत दी थी। उन्होंने बताया था कि 16 अगस्त की सुबह 11:16 बजे एक अज्ञात व्यक्ति ने फोन कर उनसे 5 लाख रुपये की रंगदारी मांगी। शिकायत के आधार पर नगर थाना में कांड संख्या 941/26 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई थी। बसुंधरा बिहार के पास छापेमारी कर गिरफ्तारी मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी के निर्देश पर सदर-01 अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। पुलिस ने वैज्ञानिक अनुसंधान और मानवीय सूचना के आधार पर बसुंधरा बिहार के पास छापेमारी की और पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पांच आरोपियों की हुई पहचान गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अंशु राज (19), विवेक गामी (21), श्याम कुमार मांझी (25), सोनी पासवान (30) और रंजीत कुमार राम के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार सभी कटिहार नगर थाना क्षेत्र के रहने वाले हैं। हथियार और मोबाइल फोन बरामद पुलिस ने आरोपियों की तलाशी के दौरान एक देशी कट्टा, पांच जिंदा कारतूस, दो खोखे और पांच मोबाइल फोन बरामद किए। पुलिस अब रंगदारी मांगने के पीछे की वजह और आरोपियों की भूमिका की जांच कर रही है। एक आरोपी का आपराधिक इतिहास भी मिला पुलिस जांच में सोनी पासवान का पहले से आपराधिक इतिहास सामने आया है। उसके खिलाफ नगर थाना में वर्ष 2023 में मारपीट, रंगदारी, धमकी और अन्य धाराओं के तहत मामला दर्ज है। पुलिस ने सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है और मामले में आगे की कार्रवाई जारी है।
एसबीआई के 2019 बैच के अधिकारियों को बड़ा झटका, हाईकोर्ट ने खारिज की याचिका
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने भारतीय स्टेट बैंक की 2019 बैच के प्रशिक्षु अधिकारियों को बड़ा झटका देते हुए एकल पीठ के उस आदेश को रद्द कर दिया है, जिसमें अधिकारियों को पुराने नियम के आधार पर एमएमजीएस-II में रखने का निर्देश दिया गया था।
मैहर जिले के बदेरा थाना क्षेत्र के ग्राम ककरा में रविवार शाम एक सड़क हादसे में 75 साल की बुजुर्ग महिला गंभीर रूप से घायल हो गईं। ककरा गेट के पास स्टेट हाईवे पर एक तेज रफ्तार बाइक सवार ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। घायल महिला की पहचान ग्राम ककरा निवासी कोशिल्या साकेत (75) के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, शाम करीब 7:30 बजे वह शौच के बाद वापस अपने घर लौट रही थीं। इसी दौरान रोड पार करते समय तेज रफ्तार बाइक ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। डायल 112 से अस्पताल पहुंचाया, बाइक सवार की तलाश जारी टक्कर लगते ही बुजुर्ग महिला सड़क पर गिरकर बुरी तरह घायल हो गईं। हादसे के बाद मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत डायल 112 को सूचना दी और एम्बुलेंस की मदद से उन्हें मैहर के सिविल अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उनका इलाज चल रहा है। घटना की खबर मिलते ही बदेरा थाना पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और टक्कर मारकर भागने वाली बाइक व उसके चालक की तलाश की जा रही है।
जयपुर में श्रावण मास पर भगवान भोलेनाथ की भक्ति में कांवड़ लेकर निकले शिवभक्तों का रामगंज चौपड़ पर स्वागत किया गया। कांवड़ यात्रियों के पहुंचने पर श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर उनका स्वागत किया। इस दौरान ‘हर हर महादेव’ और ‘बोल बम’ के जयघोष से पूरा वातावरण शिवमय हो उठा। कार्यक्रम में पूर्व महापौर कुसुम यादव ने कांवड़ यात्रियों का स्वागत किया। कुसुम यादव ने कहा- भगवान शिव की भक्ति और कांवड़ यात्रा हमारी सनातन आस्था, श्रद्धा, सेवा और समर्पण का प्रतीक है। कांवड़ यात्रियों की सेवा और स्वागत करना सौभाग्य का विषय है। उन्होंने सभी शिवभक्तों की मंगलमय और सुरक्षित यात्रा की कामना करते हुए भगवान महादेव से प्रदेश में सुख-शांति और समृद्धि की प्रार्थना की। ढोल-नगाड़ों गूंजे कांवड़ यात्रियों के स्वागत में श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला। ढोल-नगाड़ों, जयघोष और पुष्पवर्षा के बीच कांवड़ यात्रियों का अभिनंदन किया गया। कार्यक्रम के अंत में जयपुर शहर उपाध्यक्ष अजय यादव ने कहा- भगवान महादेव की भक्ति हमें सेवा, सद्भाव और मानवता के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती है। श्रावण मास में शिवभक्तों की सेवा करना पुण्य और सौभाग्य का कार्य है। इस दौरान प्रभात शर्मा, उमेश शर्मा, नरेश शर्मा, पिंकू शर्मा, विष्णु मीणा, अक्षय यादव, मुकेश यादव, सियाशरण शर्मा, राहुल यादव, राजेश यादव, तुलसीराम शर्मा, बाबूलाल रैगर आदि मौजूद रहे।
ग्वालियर के मुरार स्थित वंशीपुरा इलाके में मोबाइल चोरी की शिकायत से बौखलाए दबंगों ने एक किशोर पर जानलेवा हमला कर दिया। मोबाइल चोरी का आरोप लगाते हुए शिकायत करने से नाराज दोस्तों (पुराने पड़ोसियों) ने रंजिशन घर के बाहर खड़े 17 वर्षीय किशोर पर पिस्टल से ताबड़तोड़ 3-4 फायर कर दिए। गनीमत रही कि गोलियां किशोर को नहीं लगीं और वह बाल-बाल बच गया। शोर सुनकर परिजन बाहर आए तो आरोपी जान से मारने की धमकी देकर भागे, लेकिन क्षेत्र के लोगों की मदद से मुरार थाना पुलिस ने घेराबंदी कर दोनों हमलावरों को मौके से गिरफ्तार कर लिया है। उनसे पिस्टल व कारतूस भी बरामद कर लिए गए हैं। गोलीबारी में फरियादी के पास के घर में रहने वाली एक 8 वर्षीय मासूम बाहर झूला झूल रही थी। उसके पैर में एक छर्रा लगा है। पर बच्ची के परिजन शिकायत करना नहीं चाहते हैं। मां और चाची के सामने चलाईं गोलियां वंशीपुरा निवासी फरियादी अनुराग किरार (17) पुत्र जयसिंह का परिवार ट्रांसपोर्ट का व्यवसाय करता है। पवन रोड लाइंस नाम से उनकी फर्म है। अनुराग ने अपनी मां रानी किरार और चाची मीनू किरार के साथ थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। अनुराग ने पुलिस को बताया कि रविवार देर शाम वह अपने घर के बाहर खड़ा था, तभी उसका पुराना दोस्त जो कभी उनका पड़ोसी हुआ करता था वह नज्जू खान अपने साथी रवि श्रीवास उर्फ गौरा के साथ बाइक से आया। बाइक रवि चला रहा था। आते ही दोनों गाली-गलौज करने लगे। विरोध करने पर नज्जू खान ने पिस्टल निकालकर अनुराग पर सीधे तीन-चार फायर कर दिए। फायर होते ही अनुराग की मां और चाची बाहर आ गईं, जिन्हें देखकर आरोपी 'आइंदा मिला तो जान से खत्म कर दूंगा' की धमकी देकर भाग निकले। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी नज़रूदीन उर्फ नज्जु (28) निवासी वंशीपुरा और उसके साथी रवि सेन (26) निवासी हाल काली माता मंदिर के पास पहाड़ को हिरासत में ले लिया है। पुलिस आरोपियों से हथियार की बरामदगी को लेकर पूछताछ कर रही है। एक कहानी यह भी सामने आई है ऐसा पता लगा है कि फरियादी का बड़ा भाई मनीष किरार, रोड लाइंस का बिजनेस संभालता है। नज्जू उनका पड़ोसी था। इस कारण दोनों में दोस्ती थी। कुछ समय पहले नज्जू की पत्नी गायब हो गई है। उसी दिन से मनीष भी घर नहीं आया है। नज्जू का आरोप है कि मनीष उसकी पत्नी को भगाकर ले गया है। वह लगातार पत्नी को वापस लौटाने का दबाव बना रहा था। इस पर फरियादी का कहना है कि उनको इस विवाद की जानकारी नहीं है। उनका भाई तो ट्रक पर चलता है, इसलिए कई दिनों तक बाहर रहता है। पंचायत में विवाद सुलझाने बुलाया, फिर कट्टों-पिस्तौल से किए 7-8 फायर ग्वालियर के महाराजपुरा थाना क्षेत्र के लखमीपुर में पुराना विवाद निपटाने के लिए बुलाई गई पंचायत में गोलियां चल गईं। 8-10 दिन पुराने विवाद को सुलझाने के लिए रविवार शाम डंगस चौराहा स्थित पहाड़िया वाली माता मंदिर पर दोनों पक्षों को बुलाया गया था। बातचीत के दौरान आरोपी पक्ष भड़क गया और चार लोगों ने पिस्टल-कट्टों से ताबड़तोड़ 7-8 राउंड फायर कर दिए। गाली देने से मना किया तो निकाले हथियार फरियादी प्रशांत सिंह गुर्जर ने पुलिस को बताया कि पंचायत के दौरान आरोपी हरिओम गुर्जर, राधेश्याम, कमलेश उर्फ करन और मनीष गुर्जर उसके भाई श्यामू व रामू के साथ गाली-गलौज करने लगे। जब भाइयों ने गालियां देने से मना किया तो हरिओम ने पिस्टल और बाकी तीनों ने कट्टे निकाल लिए और जानलेवा नीयत से 7-8 हवाई व सीधे फायर कर दिए। पुलिस में रिपोर्ट करने पर दी जान से मारने की धमकी फायरिंग के बाद मंदिर परिसर में अफरा-तफरी मच गई। वहां मौजूद जितेंद्र, अजय और विजय गुर्जर ने पूरी घटना देखी। जाते-जाते आरोपी पुलिस में शिकायत करने पर पूरे परिवार को जान से खत्म करने की धमकी देकर भाग गए। महाराजपुरा थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।
सावन के अंतिम सोमवार पर विशेष: जानिए शिव दारिद्र्य दहन स्तोत्र का महत्व, संपूर्ण कथा और पूजन विधि
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सीवान के हुसैनगंज थाना क्षेत्र के खोदाईबारी गांव में दर्दनाक हादसे में तीन किशोरों की डूबने से मौत हो गई। तीनों किशोर जेसीबी से खोदे गए गहरे गड्ढे में जमा बारिश के पानी में नहाने गए थे। हादसे के बाद पूरे गांव में मातम पसरा है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। रविवार को जनाजे की नमाज के बाद तीनों को सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया। परिजनों ने पोस्टमार्टम नहीं कराया। मृतकों की पहचान खोदाईबारी गांव निवासी फहीमुद्दीन अंसारी के 12 वर्षीय पुत्र इमरान अंसारी, मोनू हुसैन के 11 वर्षीय पुत्र तौफीक अहमद और मुफस्सिल थाना क्षेत्र के छाप गांव निवासी इंसाद अंसारी के 12 वर्षीय पुत्र आदिल अंसारी के रूप में हुई है। तीनों को डूबता देख अन्य बच्चों ने शोर मचायाबताया जाता है कि करीब आठ से दस बच्चे शाइनिंग स्टार पब्लिक स्कूल के समीप जेसीबी से खोदे गए गड्ढे में नहा रहे थे। बारिश के कारण गड्ढे में पानी भर गया था और उसकी गहराई काफी अधिक थी। नहाने के दौरान इमरान, तौफीक और आदिल अचानक गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। तीनों को डूबता देख अन्य बच्चों ने शोर मचाया। बच्चों की आवाज सुनकर आसपास के लोग और परिजन मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद तीनों को पानी से बाहर निकाला और आनन-फानन में सीवान सदर अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद तीनों को मृत घोषित कर दिया। एक साथ तीन बच्चों की मौत की खबर मिलते ही परिवारों में चीख-पुकार मच गई। गहरे गड्ढे में बारिश का पानी जमा था बताया गया कि आदिल शनिवार सुबह ही अपने नाना के घर खोदाईबारी आया था। शाम को वह अन्य बच्चों के साथ गड्ढे में नहाने चला गया। कुछ ही देर बाद हादसे ने परिवार की खुशियों को मातम में बदल दिया। हुसैनगंज थाना प्रभारी मोहन प्रसाद सिंह ने बताया कि गहरे गड्ढे में बारिश का पानी जमा था, जिसमें नहाने के दौरान तीनों किशोर डूब गए। सूचना मिलने पर पुलिस ने मामले की जानकारी ली। परिजनों की इच्छा के अनुसार शवों का पोस्टमार्टम नहीं कराया गया और रविवार को तीनों का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
मुंगेली जिले में बिजली गिरने से एक महिला की मौत हो गई। हादसा 23 अगस्त को दोपहर करीब 12 बजे ग्राम पंडारभट्ठा मुख्य मार्ग पर हुआ। महिला खेत से काम करके घर लौट रही थी, तभी अचानक बिजली गिरने से वह उसकी चपेट में आ गई। इस हादसे का लाइव वीडियो भी सामने आया है, जिसमें महिला के आकाशीय बिजली की चपेट में आने की घटना दिखाई दे रही है। वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। सिर पर बर्तन लेकर घर लौट रही थी महिला मृतका की पहचान 46 वर्षीय गीता बाई, निवासी ग्राम पंडारभट्ठा, थाना सिटी कोतवाली मुंगेली के रूप में हुई है। घटना के समय गीता बाई सिर पर बर्तन लेकर पैदल घर जा रही थी। खराब मौसम के बीच अचानक बिजली गिरने से वह गंभीर रूप से घायल हो गई। परिजन उसे तुरंत अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस घटना से जुड़ी अन्य जानकारी भी जुटा रही है।
सावन की अंतिम सोमवारी पर भगवान भोलेनाथ के जलाभिषेक के लिए खगड़िया और आसपास के जिलों में बड़ी संख्या में श्रद्धालु उमड़े। रविवार सुबह से ही अगुवानी गंगा घाट, मुंगेर गंगा घाट सहित जिले के विभिन्न गंगा घाटों पर कांवरियों की भीड़ देखी गई। गंगाजल भरने के बाद लाखों कांवरिया पैदल यात्रा करते हुए अपने गंतव्य की ओर रवाना हुए। कांवरिया मार्ग पर 'हर-हर महादेव' और 'बोल बम' के जयघोष सुनाई दिए। देखें, मौके से आई तस्वीरें… दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं ने गंगा स्नान किया अगुवानी गंगा घाट पर दिनभर कांवरियों का आना-जाना लगा रहा। दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं ने गंगा स्नान किया, विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और पवित्र गंगाजल अपने कांवर में भरा। इसके बाद उन्होंने पैदल यात्रा शुरू की। मुंगेर गंगा घाट से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु जल लेकर विभिन्न शिवालयों के लिए निकले। कांवरियों के जत्थों में युवा, महिलाएं, बुजुर्ग और बच्चे भी शामिल थे। श्रद्धालु लंबी दूरी की पैदल यात्रा कर पहुंचेंगे मंदिर गंगाजल लेकर निकले कांवरिया खगड़िया के शिव मंदिरों के साथ-साथ सहरसा, मधेपुरा और भागलपुर जिले के विभिन्न शिवालयों में भगवान शिव का जलाभिषेक करेंगे। कई श्रद्धालु लंबी दूरी की पैदल यात्रा कर मंदिरों तक पहुंचेंगे। कांवरियों के जत्थे पूरे रास्ते 'बोल बम' का जयकारा लगाते हुए आगे बढ़ रहे हैं। कांवरिया पथ पर जगह-जगह सेवा शिविर लगाए गए हैं। स्थानीय लोगों ने श्रद्धालुओं की सहायता के लिए विभिन्न व्यवस्थाएं की हैं। कई स्थानों पर कांवरियों के लिए पेयजल, शरबत और फल आदि का प्रबंध किया गया है। पैदल यात्रा कर रहे कांवरियों में उत्साह बना हुआ है। सावन की अंतिम सोमवारी होने के कारण इस बार गंगा घाटों पर श्रद्धालुओं की भीड़ अधिक रही। रविवार को सुबह से ही बड़ी संख्या में श्रद्धालु स्नान और जल भरने के लिए घाटों पर पहुंचने लगे। घाटों पर भक्ति गीत और 'बोल बम' के नारे गूंजते रहे। कई कांवरिया समूहों में यात्रा कर रहे हैं, जबकि बड़ी संख्या में श्रद्धालु परिवार और दोस्तों के साथ पैदल यात्रा पर निकले हैं। कांवरियों के कंधे पर सजी कांवर और हाथों में गंगाजल से भरे पात्र श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत नजारा पेश कर रहे हैं। सुरक्षा को लेकर प्रशासन भी अलर्ट कांवरियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए प्रशासन और पुलिस की ओर से भी सुरक्षा व्यवस्था पर नजर रखी जा रही है। प्रमुख घाटों और कांवरिया मार्गों पर भीड़ नियंत्रण, यातायात व्यवस्था और श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर पुलिस बल की तैनाती की गई है। अंतिम सोमवारी के दौरान किसी तरह की परेशानी नहीं हो, इसके लिए प्रशासनिक स्तर पर भी लगातार निगरानी की जा रही है।सावन की अंतिम सोमवारी पर खगड़िया और आसपास के क्षेत्रों में एक बार फिर आस्था और भक्ति का विराट स्वरूप देखने को मिल रहा है। गंगा घाटों से जल लेकर निकल रहे लाखों कांवरियों के कदम शिवालयों की ओर बढ़ रहे हैं और पूरा इलाका ‘बोल बम’ तथा ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष से गुंजायमान है।
संगरूर जिले के तहत आते लहरा विधानसभा क्षेत्र के मुनक शहर में शनिवार को उस समय भारी हंगामा हो गया, जब जागरूक किसानों ने पनग्रेन गोदाम के बाहर राशन कार्ड धारकों को बांटने के लिए ले जाई जा रही सड़ी हुई और बदबूदार गेहूं से भरी ट्रॉलियों को रोक दिया। सरकारी डिपो में गरीबों को ऐसा अनाज परोसने की तैयारी के खिलाफ भारतीय किसान यूनियन (सिद्धूपुर) के नेतृत्व में किसानों ने प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और कई घंटों तक सड़क जाम रखी। स्थानीय निवासियों और किसान नेताओं ने मांग की है कि गरीबों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वाले और इस सड़े हुए अनाज को पास करने वाले दोषी अधिकारियों व ठेकेदारों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए। बोरियों में फफूंद और बदबूदार अनाज, वितरण की थी तैयारी घटना शनिवार को पनग्रेन गोदाम परिसर में हुई। किसानों ने जब डिपो पर भेजे जा रहे गेहूं की बोरियों को खोलकर देखा, तो वे दंग रह गए। पानी लगने के कारण बोरियों में भरा गेहूं पूरी तरह से काला पड़ चुका था और उस पर फफूंद (जंग) लगी हुई थी। अनाज से इतनी तेज बदबू आ रही थी कि वहां खड़ा होना भी मुश्किल था। किसानों ने आरोप लगाया कि यह अनाज इंसानों तो क्या, पशुओं के खाने लायक भी नहीं था, जिसे गरीबों के घरों में राशन के रूप में बांटने की साजिश रची जा रही थी। ऑनलाइन व्यवस्था के बीच 'मैनुअल गेट पास' पर गहराया शक सूचना मिलते ही बीकेयू (सिद्धूपुर) के वरिष्ठ नेताओं ने मौके पर पहुंचकर अनाज से लदी दो ट्रॉलियों को घेर लिया। काफी देर तक जब खाद्य आपूर्ति विभाग या पनग्रेन का कोई बड़ा अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा, तो गुस्साए किसानों ने मुख्य मार्ग पर धरना देकर चक्का जाम कर दिया। बाद में जब पनग्रेन इंस्पेक्टर, एएफएसओ (AFSO) और भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा, तो एक और बड़ा खुलासा हुआ। शुरुआत में गेट पर तैनात कर्मचारी गेहूं ले जाने का कोई भी ऑनलाइन पास या दस्तावेज नहीं दिखा सके। कई घंटों के ड्रामे के बाद अधिकारियों ने एक 'मैनुअल गेट पास' (हाथ से लिखा पास) पेश किया। किसानों ने इस पर तीखे सवाल उठाते हुए कहा कि जब पूरे पंजाब में डिपो पर भेजे जाने वाले अनाज के लिए केवल 'ऑनलाइन गेट पास' काटे जाते हैं, तो इस सड़े हुए स्टॉक के लिए मैनुअल पर्ची क्यों काटी गई? सोमवार को भरे जाएंगे सैंपल, गोदाम में ही खड़ी रहेंगी ट्रॉलियां किसानों के कड़े रुख और विरोध को देखते हुए प्रशासन को आखिरकार पीछे हटना पड़ा। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने किसानों की मांग को स्वीकार करते हुए लिखित आश्वासन दिया है कि सोमवार को इस विवादित गेहूं के आधिकारिक सैंपल लिए जाएंगे। प्रशासन ने लिखित रूप में दिया है कि जब तक सरकारी लैब से इस अनाज की जांच रिपोर्ट नहीं आ जाती, तब तक गोदाम से इस स्टॉक को कहीं भी नहीं उठाया जाएगा। तब तक गेहूं से भरी दोनों ट्रॉलियां सुरक्षा के बीच गोदाम परिसर में ही खड़ी रहेंगी।
पीएफ निकासी को लेकर नए नियम लागू, 75 प्रतिशत पर भी पहले से ज्यादा निकलेगा पैसा
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) के आंशिक अंशदान निकासी के नए नियमों से पीएफ निकासी के दावों का निस्तारण शुरू हो गया है। कानपुर रीजन के 15 जिलों में 20 हजार से अधिक पीएफ सदस्यों ने आवेदन किए हैं और उनके खातों में पीएफ भुगतान करने की प्रक्रिया शुरू की गई है।
ललितपुर में नेशनल हाईवे-44 पर अमझरा और बंगारिया के बीच रविवार शाम करीब 6 बजे बाइक दुर्घटना में महिला की मौत हो गई। हादसे में उसके दो वर्षीय बेटे समेत तीन लोग घायल हो गए। गंभीर हालत में 14 वर्षीय अखिलेश और 18 वर्षीय सत्यम को झांसी मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है। महिला की पहचान अशोकनगर जिले के ग्राम काईपाई निवासी रचना (22) के रूप में हुई है। रचना करीब दो महीने से मायके नाराहट थाना क्षेत्र के ग्राम कलरव में रह रही थीं। रविवार को वह 14 साल के भाई अखिलेश, 18 साल के ममेरे भाई सत्यम और दो साल के बेटे आरव के साथ अमझरा स्थित मंदिर दर्शन करने गई थीं। हाईवे पर अचानक हुआ हादसा परिजनों के अनुसार, शाम करीब 6 बजे सभी बाइक से वापस घर लौट रहे थे। अमझरा और बंगारिया के बीच NH-44 पर उनकी बाइक दुर्घटनाग्रस्त हो गई। हादसे में बाइक सवार चारों लोग घायल हो गए। आसपास के लोगों की मदद से सभी को उपचार के लिए ललितपुर मेडिकल कॉलेज पहुंचाया गया। डॉक्टरों ने रचना को मृत घोषित किया मेडिकल कॉलेज में चिकित्सकों ने रचना को जांच के बाद मृत घोषित कर दिया। वहीं अखिलेश और सत्यम की हालत गंभीर होने पर उन्हें झांसी मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। दो वर्षीय आरव का भी उपचार कराया गया। रचना के शव को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी में रखवा दिया गया है। हादसे की वजह स्पष्ट नहीं महिला के मामा नत्थू ने बताया कि परिवार अमझरा मंदिर में दर्शन के लिए गया था और लौटते समय हाईवे पर हादसा हो गया। फिलहाल दुर्घटना किस वजह से हुई, यह स्पष्ट नहीं हो सका है। नाराहट थानाध्यक्ष दयाशंकर सिंह ने बताया कि पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है।
बटाला के जालंधर रोड पर स्थित फोकल प्वाइंट पार्क के पास देर शाम एक युवक का शव संदिग्ध परिस्थितियों में बरामद हुआ है। पार्क के नजदीक शव पड़े होने की खबर से आसपास के इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही थाना सिविल लाइन पुलिस की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। थाना सिविल लाइन के सब-इंस्पेक्टर बलकार सिंह ने बताया कि पुलिस कंट्रोल रूम (PCR) के जरिए सूचना मिली थी कि फोकल प्वाइंट पार्क के पास एक अज्ञात युवक बेसुध हालत में पड़ा हुआ है। जब पुलिस टीम मौके पर पहुंची, तो युवक की मौत हो चुकी थी। पुलिस ने बिना वक्त गंवाए शव को तुरंत सिविल अस्पताल बटाला के शवगृह (मोर्चरी) में भिजवाया। मृतक का हुलिया और पहचान की कोशिश सब-इंस्पेक्टर बलकार सिंह के अनुसार, मृतक की जेब या आसपास से ऐसा कोई दस्तावेज या सामान नहीं मिला है, जिससे उसकी पहचान की जा सके। पुलिस द्वारा जारी हुलिए के मुताबिक उम्र लगभग 30 से 40 वर्ष के बीच। मृतक ने काले रंग की पैंट और काले रंग की टी-शर्ट पहनी हुई है। पैरों में सफेद रंग के स्पोर्ट्स जूते हैं। 72 घंटे के लिए मोर्चरी में रखवाया शव पुलिस ने कानूनन कार्रवाई करते हुए शव को अगले 72 घंटों के लिए सिविल अस्पताल की मोर्चरी में सुरक्षित रखवा दिया है, ताकि इस दौरान सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से मृतक की पहचान (शिनाख्त) सुनिश्चित की जा सके। पुलिस इस मामले की हर पहलू से गहनता से जांच कर रही है। आसपास के थानों में भी युवक की तस्वीरें और हुलिया भेज दिया गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शिनाख्त होने और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों (कि यह आत्महत्या है, हादसा है या हत्या) का पता चल सकेगा।
उदयपुर शहर में सार्वजनिक प्रन्यास मंदिर श्री महाकालेश्वर की ओर से 24 अगस्त को भगवान महाकालेश्वर के नगर भ्रमण (शाही सवारी) का आयोजन किया जाएगा। सवारी के दौरान शनि देव मंदिर, चेतक सर्कल, महाकाली मंदिर हाथीपोल, जगदीश मंदिर जगदीश चौक, बड़ा गणेश मंदिर और जाड़ा गणेश जी अंबामाता मंदिर पर महाआरती होगी। बड़ी संख्या में जुटने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुगम आवागमन के लिए यातायात पुलिस ने दोपहर 1 बजे से कार्यक्रम समाप्ति तक ट्रैफिक डायवर्जन और नो-एंट्री लागू की है। दोपहर 1 बजे से इन 7 प्रमुख मार्गों पर पूरी तरह नो-एंट्री सिटी एएसपी उमेश ओझा ने बताया कि दोपहर 1 बजे से शाही सवारी संपन्न होने तक निम्नलिखित रास्तों पर सभी प्रकार के वाहनों का प्रवेश पूरी तरह बंद रहेगा। ऐसे रहेगा ट्रैफिक का नया डायवर्जन रूट झाड़ोल-मल्लातलाई रूट: झाड़ोल मार्ग से मल्लातलाई होते हुए आने वाले वाहन महाकालेश्वर चौराहा से रानी रोड, देवाली और फतहपुरा चौराहा होते हुए आ-जा सकेंगे। देहली गेट व कोर्ट चौराहा: शाही सवारी यात्रा के दौरान देहली गेट से हाथीपोल और कोर्ट चौराहा से चेतक सर्कल की तरफ जाने वाले वाहनों का प्रवेश पूरी तरह निषेध रहेगा। रानी रोड पर एक तरफ पार्किंग, आपातकालीन सेवाओं को छूट शाही सवारी में शामिल होने वाले सभी वाहनों की पार्किंग रानी रोड पर एक तरफ तय की गई है। शोभायात्रा मार्ग के आसपास मुख्य सड़कों पर किसी भी प्रकार की पार्किंग पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी। यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए विभिन्न चौराहों पर डिवाइडर के साथ ट्रैफिक पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे। यह डायवर्जन एंबुलेंस, फायर ब्रिगेड और अन्य आपातकालीन सेवाओं पर लागू नहीं होगा।
कानपुर के आरके नगर स्थित प्रेम प्रकाश एजुकेशनल सेंटर का उद्घाटन कानपुर सांसद रमेश अवस्थी ने रविवार शाम को किया। सेंटर में दिव्यांग और शारीरिक रूप से अक्षम बच्चों को विशेष शिक्षा के साथ थेरेपी दी जाएगी। आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को यहां मुफ्त शिक्षा देने की भी पहल की गई है। उद्घाटन के दौरान सांसद रमेश अवस्थी ने सेंटर में पढ़ने वाले बच्चों से मुलाकात की और उनका हाल जाना। इसी दौरान उन्होंने 9 वर्षीय चारू को अपने पास बुलाया। चारू शारीरिक रूप से अक्षम होने के साथ नेत्रहीन है। सांसद ने चारू से पूछा- पीएम का नाम जानती हो?रमेश अवस्थी ने चारू को अपनी गोद में उठाकर पूछा कि क्या वह प्रधानमंत्री का नाम जानती है। चारू ने तुरंत प्रधानमंत्री का नाम बता दिया। इसके बाद चारू ने सांसद को गाना सुनाने की इच्छा जताई। चारू ने देशभक्ति फिल्म ‘बॉर्डर-2’ का गीत ‘ओ मिट्टी के बेटे’ सुनाया। बच्ची का आत्मविश्वास और प्रतिभा देखकर सांसद ने उसकी सराहना की। बोले- जरूरत पड़ी तो हरसंभव मदद करेंगेसांसद रमेश अवस्थी ने कहा कि ईश्वर ने चारू को ऐसी प्रतिभा दी है, जिससे वह आगे बढ़ सकती है। उन्होंने आश्वासन दिया कि चारू को जब भी किसी मदद की जरूरत होगी, वे सहयोग करेंगे।उन्होंने कहा कि ऐसे संस्थानों में दिव्यांग बच्चों की देखभाल और थेरेपी के जरिए उन्हें बेहतर बनाने का काम किया जा रहा है। स्कूल के लिए सरकार की ओर से जो भी संभव मदद होगी, उसे दिलाने का प्रयास किया जाएगा। सेंटर में अभी 8 दिव्यांग बच्चेस्कूल की शिक्षिका स्वाती शुक्ला ने बताया कि वर्तमान में सेंटर में 8 ऐसे बच्चे हैं, जो शारीरिक रूप से अक्षम हैं। बच्चों को उनकी जरूरत के अनुसार विशेष थेरेपी दी जाती है और उनकी नियमित देखभाल की जाती है। उन्होंने बताया कि सेंटर में अलग-अलग तरह के मामलों वाले बच्चे आते हैं। उनकी जरूरतों को समझकर काम करने के लिए यहां विशेष अनुभव रखने वाले शिक्षक और शिक्षिकाएं मौजूद हैं। संस्था का उद्देश्य दिव्यांग बच्चों को बेहतर शिक्षा, थेरेपी और देखभाल उपलब्ध कराने के साथ आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों को मुफ्त शिक्षा का अवसर देना है।
गंभीर बीमारी में जब फेफड़े शरीर को पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं दे पाते और वेंटिलेटर के बावजूद मरीज की हालत नहीं संभलती, तब ECMO (इक्मो) जीवन बचाने का महत्वपूर्ण विकल्प बन सकती है। गंभीर निमोनिया, फेफड़ों के अचानक फेल होने, गंभीर हार्ट फेल्योर और कार्डियोजेनिक शॉक जैसे चुनिंदा मरीजों में डॉक्टर इसकी मदद लेते हैं। यह जानकारी लोहिया संस्थान में एनस्थीसिया विभाग के अध्यक्ष डॉ. पीके दास ने दी। वह रविवार को ECMO पर आयोजित कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे। डॉ. पीके दास ने कहा कि ईसीएमओ यानी एक्स्ट्राकॉरपोरियल मेम्ब्रेन ऑक्सीजनेशन में मरीज के शरीर से खून निकालकर मशीन में भेजा जाता है। मशीन कुछ समय के लिए फेफड़ों का काम संभालती है। कुछ मरीजों में यह दिल के पंप करने के काम में भी सहायता करती है। ब्लड फ्लो के लिए जरूरी डॉ. पीके दास ने कहा कि ECMO बीमारी का सीधा इलाज नहीं है। इसका मकसद शरीर में जरूरी ऑक्सीजन और खून का प्रवाह बनाए रखना है। ताकि डॉक्टर मूल बीमारी का इलाज कर सकें। इस दौरान फेफड़ों, दिल और दूसरे अंगों को ठीक होने का समय मिलता है। मरीज की हालत सुधरने पर मशीन की मदद धीरे-धीरे कम की जाती है। मरीज को ICU में रखना पड़ता है लोहिया के पूर्व निदेशक और एनस्थीसिया विभाग के पूर्व अध्यक्ष डॉ. दीपक मालवीय ने कहा कि ECMO का इस्तेमाल हर मरीज में नहीं किया जाता। इसके लिए मरीज की बीमारी, उम्र, अंगों की स्थिति और इलाज से सुधार की संभावना समेत कई पहलुओं का आकलन किया जाता है। यह बेहद जटिल इलाज है। इसे विशेषज्ञों की निगरानी में आईसीयू में किया जाता है।
बिहार की राजनीति में पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार को लेकर एक बार फिर चर्चाएं तेज हो गई हैं। जदयू सांसद देवेश चंद्र ठाकुर ने रविवार को सीतामढ़ी में दावा किया कि निशांत कुमार भविष्य में बिहार के मुख्यमंत्री बन सकते हैं। उनके इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में नई बहस शुरू हो गई है। प्रतिमा अनावरण कार्यक्रम में पहुंचे थे निशांत निशांत कुमार सीतामढ़ी के बाजपट्टी और परिहार में आयोजित प्रतिमा अनावरण कार्यक्रमों में शामिल होने पहुंचे थे। बाजपट्टी में उन्होंने स्वतंत्रता सेनानी अमर शहीद रामफल मंडल की प्रतिमा का अनावरण किया। वहीं, परिहार में शिक्षाविद इंदल सिंह नवीन की प्रतिमा का अनावरण किया गया। देवेश चंद्र ठाकुर ने जताई मुख्यमंत्री बनने की संभावना इसी दौरान देवेश चंद्र ठाकुर ने निशांत कुमार के राजनीतिक भविष्य को लेकर अपनी राय रखी। उन्होंने कहा कि निशांत कुमार पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पुत्र हैं, जिन्हें पूरे देश में जाना जाता है। उन्होंने संभावना जताई कि आने वाले समय में निशांत कुमार बिहार के मुख्यमंत्री भी बन सकते हैं। बयान के बाद राजनीतिक मायने निकाले जा रहे देवेश चंद्र ठाकुर के नीतीश कुमार के साथ करीबी संबंध माने जाते हैं। ऐसे में उनके द्वारा निशांत कुमार को लेकर दिए गए इस बयान को बिहार की राजनीति में अहम माना जा रहा है। निशांत कुमार भी हाल के दिनों में बिहार के अलग-अलग जिलों में विभिन्न कार्यक्रमों में नजर आ रहे हैं।
डबवाली में डोडा पोस्त समेत नशा तस्कर गिरफ्तार:बाइक पर कट्टे में ले जा रहा था, मोटरसाइकिल जब्त की
सिरसा जिले के डबवाली में पुलिस ने नशा तस्करों के खिलाफ अपनी कार्रवाई जारी रखते हुए एक व्यक्ति को 2 किलो 137 ग्राम डोडा चूरा पोस्त के साथ गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई एसपी जसलीन कौर के मार्गदर्शन में सीआईए स्टाफ कालांवाली की टीम ने की। पुलिस प्रवक्ता के अनुसार, सीआईए कालांवाली प्रभारी निरीक्षक विशव गौरव के नेतृत्व में टीम नशा तस्करी रोकने के लिए क्षेत्र में गश्त पर थी। इसी दौरान सूचना मिली कि गांव असीर क्षेत्र में एक बाइक सवार व्यक्ति प्लास्टिक के कट्टे के साथ जा रहा है। टीम ने उसे तुरंत काबू कर लिया। आरोपी की बाइक जब्त की शक के आधार पर पुलिस ने व्यक्ति और उसके कट्टे की तलाशी ली। तलाशी के दौरान कट्टे से 2 किलो 137 ग्राम डोडा चूरा पोस्त बरामद हुआ। आरोपी की पहचान मदन लाल के तौर पर हुई है। पुलिस ने बरामद नशीले पदार्थ और बाइक को जब्त कर लिया है। आरोपी मदन लाल के खिलाफ थाना कालांवाली में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। उसे नियमानुसार कोर्ट में पेश किया जाएगा। पुलिस ने बताया कि मामले की जांच जारी है। यदि जांच में किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है, तो उसके खिलाफ भी सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस की लोगों से अपील, हेल्पलाइन नंबर जारी डबवाली पुलिस ने आम जनता से क्षेत्र को नशामुक्त बनाने में सहयोग की अपील की है। नशा तस्करी से संबंधित कोई भी जानकारी मानस पोर्टल, हेल्पलाइन नंबर 1933, डबवाली पुलिस के मोबाइल नंबर 9138999748 या नजदीकी थाना/चौकी पर दी जा सकती है। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।
भिंड में खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने रविवार को भिण्ड और मिहोना क्षेत्र में होटल, ढाबे और डेयरी पर कार्रवाई की। ग्वालियर रोड स्थित सूर्या ढाबा की किचिन में गंदगी और स्वच्छता संबंधी अनियमितताएं मिलीं, जिस पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम की धारा 32 के तहत नोटिस जारी किया गया। जयगुरुदेव भोजनालय में खाद्य लाइसेंस नहीं मिला। वहीं खाना कंपनी और विरासत होटल समेत चार प्रतिष्ठानों से पनीर के नमूने जांच के लिए लिए गए। जानकारी के मुताबिक खाद्य सुरक्षा अधिकारी किरण सेंगर ने ग्वालियर रोड स्थित सूर्या ढाबा, जयगुरुदेव भोजनालय, विरासत होटल और खाना कंपनी की किचिन का निरीक्षण किया। टीम ने यहां खाद्य सामग्री और किचिन की व्यवस्थाओं की जांच की। सभी संबंधित होटलों से पनीर के नमूने लिए गए, जिन्हें खाद्य गुणवत्ता की जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा जाएगा। सूर्या ढाबे की किचिन में मिली गंदगीनिरीक्षण के दौरान सूर्या ढाबे की किचिन में स्वच्छता संबंधी कमियां और अन्य अनियमितताएं पाई गईं। खाद्य सुरक्षा विभाग ने इसे खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन मानते हुए खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम की धारा 32 के तहत सुधारात्मक कार्रवाई के लिए नोटिस जारी किया है। जयगुरुदेव भोजनालय में लाइसेंस नहीं मिलाजयगुरुदेव भोजनालय की जांच के दौरान खाद्य लाइसेंस नहीं मिला। विभाग ने प्रतिष्ठान से संबंधित दस्तावेजों और खाद्य कारोबार के नियमों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। वहीं खाना कंपनी और विरासत होटल की किचिन से पनीर के नमूने लिए गए हैं। दूध से मावा बनाने में वनस्पति-ग्लूकोज का इस्तेमालइधर खाद्य सुरक्षा अधिकारी रेखा सोनी ने मिहोना तहसील के ग्राम चांदोख स्थित उत्तम डेयरी पर छापामार कार्रवाई की। टीम ने डेयरी संचालक उत्तम शर्मा को दूध में वनस्पति और ग्लूकोज पाउडर मिलाकर मावा तैयार करते हुए पकड़ा। मौके से दूध, मावा, वनस्पति और ग्लूकोज पाउडर के नमूने जांच के लिए लिए गए। कार्रवाई के दौरान 50 किलोग्राम मावा, 32 किलोग्राम वनस्पति और 13.8 किलोग्राम ग्लूकोज पाउडर जब्त किया गया। इसके साथ ही रजिस्ट्रीकरण प्राधिकारी रेखा सोनी ने उत्तम डेयरी का खाद्य रजिस्ट्रेशन निलंबित कर दिया। खाद्य पदार्थों के नमूनों की जांच रिपोर्ट आने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी
इंदौर, भोपाल, नर्मदापुरम, जबलपुर और रीवा की महिलाओं में मोटापा तेजी से बढ़ रहा है, कैसे बचें
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विक्रमशिला पुल अभी बंद नहीं होगा, सम्राट चौधरी ने मरम्मत का काम 15 दिन और टालने को कहा
भागलपुर के विक्रमशिला पुल को 29 अगस्त से बंद नहीं किया जाएगा। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि गंगा नदी में बाढ़ की स्थिति को देखते हुए विक्रमशिला सेतु पर मरम्मत के कार्य को 15 दिन और आगे बढ़ाने के लिए कहा गया है।
नागौर जिले में घर में घुसकर नाबालिग बच्ची से छेड़खानी करने के आरोप में परिजनों ने एक युवक को पकड़ लिया। परिजनों ने युवक के साथ मारपीट करने के बाद उसके हाथ-पैर बांधकर गांव के चौक में बैठा दिया और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस युवक को अपने साथ थाने ले गई। घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें युवक गांव के चौक में बंधा हुआ दिखाई दे रहा है। हालांकि, पुलिस ने अभी तक वीडियो की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। संबंधित थानाधिकारी का कहना है कि नाबालिग के परिजनों की ओर से युवक के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज करवाया गया है। आरोप है कि युवक घर में घुसा और नाबालिग बच्ची के साथ छेड़खानी की। वहीं युवक के परिजनों ने भी शिकायत दी है। इसमें युवक को घर में बंधक बनाकर उसके साथ मारपीट करने का आरोप लगाया गया है। पुलिस ने इस मामले में एससी-एसटी एक्ट के तहत भी केस दर्ज किया है। पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायत पर मामले दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
बालाघाट जिले की मलाजखंड पुलिस ने रंगदारी मांगने के मामले में बिरसा जनपद सदस्य देवेनसिंह मरकाम और उसके साथी सतीश राहंगडाले को गिरफ्तार किया है। मामले में शामिल कथित पत्रकार टोपराम पटले और उसका साथी बुधराम मेरावी फिलहाल फरार हैं, जिनकी तलाश में पुलिस जुटी है। घटना 21 अगस्त की रात पाथरी चौकी क्षेत्र के खमुरीटोला के पास की है। पीड़ित मस्तकीन कुरैशी जंगल झरूआटोला की कच्ची सड़क पर अपने खरीदे हुए बकरे पिकअप वाहन में लोड कर रहा था। उसी दौरान आरोपी देवेनसिंह मरकाम, सतीश राहंगडाले, टोपराम पटले और बुधराम मेरावी 'प्रेस' लिखी कार (CG 22 AB 2004) से मौके पर पहुंचे। उन्होंने खुद को धौंस दिखाते हुए मस्तकीन से 2 लाख रुपए की रंगदारी मांगी। पैसे देने से मना करने पर आरोपियों ने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी। डरा-धमकाकर वसूले 50 हजार आरोपियों की धमकी से डरकर मस्तकीन ने उन्हें मौके पर ही 50 हजार रुपए दे दिए। इसके बाद भी आरोपियों का पेट नहीं भरा और उन्होंने हर महीने 20 हजार रुपए देने का दबाव बनाया। आरोपियों ने धमकी दी कि अगर महीना नहीं बांधा तो गंभीर अंजाम भुगतना पड़ेगा। इसके बाद पीड़ित मस्तकीन कुरैशी ने हिम्मत जुटाकर मलाजखंड थाने में पूरी आपबीती बताई और शिकायत दर्ज कराई। कार और नकदी जब्त, फरार आरोपियों की तलाश तेज शिकायत मिलते ही पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया। थाना प्रभारी धर्मेंद्र जौनवार ने बताया कि देवेनसिंह मरकाम और सतीश राहंगडाले को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस को आरोपी देवेनसिंह से वारदात में इस्तेमाल कार और 10 हजार रुपए, जबकि सतीश से 9 हजार रुपए मिले है। फरार पत्रकार टोपराम पटले और बुधराम मेरावी को भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

