पवन खेड़ा को सुप्रीम कोर्ट से झटका : असम मामले में अंतरिम जमानत पर लगा दी रोक
नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को कांग्रेस नेता पवन खेड़ा को ट्रांजिट अग्रिम जमानत देने के तेलंगाना उच्च न्यायालय के फैसले पर रोक लगा दी। यह मामला असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की पत्नी रिंकी भुइयां सरमा की एक शिकायत से संबंधित है। न्यायालय का यह आदेश असम पुलिस की एक अपील पर […] The post पवन खेड़ा को सुप्रीम कोर्ट से झटका : असम मामले में अंतरिम जमानत पर लगा दी रोक appeared first on Sabguru News .
बुरहानपुर के फुटबॉल खिलाड़ी पुष्कर शैलेश सिंह का असम प्रीमियर लीग के लिए चयन हो गया है। उन्होंने हाल ही में गुवाहाटी, असम में आयोजित ट्रायल में शानदार प्रदर्शन किया था, जिसके आधार पर उनका चयन किया गया। पुष्कर 20 अप्रैल से टीम से जुड़ेंगे, जबकि लीग अगले महीने शुरू होगी। पुष्कर वर्तमान में ट्रायम्फल आर्च अकैडमी के छात्र हैं और रेडियंस फुटबॉल क्लब से जुड़े हुए हैं। उन्होंने अपनी ट्रेनिंग बुरहानपुर स्थित खेलो इंडिया स्मॉल सेंटर में कोच विश्वप्रताप सिंह भाटी के मार्गदर्शन में प्राप्त की है। इस उपलब्धि पर बुरहानपुर के पुलिस अधीक्षक देवेंद्र पाटीदार, सीएसपी और जिला खेल अधिकारी गौरव पाटिल ने पुष्कर को प्रेरित किया। जिले का नाम रौशन कियासीएसपी और जिला खेल अधिकारी गौरव पाटिल ने बताया कि पुष्कर का चयन पूरे जिले के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने कहा कि खेल एवं युवा कल्याण विभाग खिलाड़ियों को लगातार बेहतर सुविधाएं और अवसर प्रदान कर रहा है, जिसके सकारात्मक परिणाम अब सामने आ रहे हैं। इस अवसर पर गौरव पाटिल ने पुष्कर को दो फुटबॉल और एक फुटबॉल शूज भी भेंट किए, जिससे उनका उत्साह बढ़ा। यह उपलब्धि बुरहानपुर जिले के लिए गर्व का क्षण है और अन्य खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत भी।
पवन खेड़ा को सुप्रीम कोर्ट से तगड़ा झटका असम FIR रद्द करने से इनकार, अब चलेगा आपराधिक मुकदमा
पवन खेड़ा केस में सुप्रीम कोर्ट पहुंची असम सरकार, तेलंगाना हाईकोर्ट से मिली राहत के खिलाफ अपील
असम सरकार ने कांग्रेस नेता पवन खेड़ा को तेलंगाना हाई कोर्ट से मिली एक हफ्ते की अग्रिम जमानत के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है। यह मामला असम में दर्ज एफआईआर से जुड़ा है। आइए विस्तार से जानते हैं।
सहरसा में शनिवार को 7 नाबालिग लड़कियों को संरक्षण में लिया गया है, जबकि 87 मजदूरों को सुरक्षित उनके गृह राज्य असम भेजा गया। घटना नगर निगम क्षेत्र के भेड़दरी वार्ड संख्या 46 स्थित एक ईंट भट्ठे की है। इस मामले में भट्ठा मालिक ओवेश करनी उर्फ चुन्नू मुखिया पर मजदूरों को प्रताड़ित करने और 7 नाबालिग लड़कियों के साथ रेप का आरोप है। सदर थाना में प्राथमिकी दर्ज कर कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। न्यायालय के आदेश के बाद, भट्ठे पर कार्यरत कुल 19 परिवारों के 94 सदस्यों में से सात नाबालिग लड़कियों को सुरक्षा और देखरेख के लिए वन स्टॉप सेंटर में रखा गया है। 87 मजदूरों को उनके घर भेजा गया वापस 87 मजदूरों शनिवार को जिला प्रशासन ने मजिस्ट्रेट और पुलिस वालों की तैनाती कर उनके गृह राज्य वापस भेजने की प्रक्रिया पूरी की गई। सदर अनुमंडल पदाधिकारी श्रेयांश तिवारी के निर्देश पर श्रम विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इन मजदूरों को सुरक्षित घर भेजने का प्रबंध किया। श्रम अधीक्षक संतोष कुमार झा के नेतृत्व में दो बसों की व्यवस्था कर सभी मजदूरों को असम के धुबरी जिला भेजा गया। प्रशासन ने रास्ते में उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए मजिस्ट्रेट और पुलिस बल भी तैनात किया। बंधुआ श्रमिक थे 60 मजदूर श्रम अधीक्षक संतोष कुमार झा ने बताया कि इनमें से करीब 60 मजदूर बंधुआ श्रमिक थे, जिनसे जबरन काम कराया जा रहा था और उनका शोषण किया जा रहा था। मजदूरों के अलग-अलग बयान के आधार पर श्रम विभाग ने सहरसा सदर थाने में ईट भट्ठा मालिक और उसके मुंशी पर प्राथमिकी दर्ज कर चुकी है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी भट्ठा मालिक और उसके मुंशी को गिरफ्तार कर जेल भेज चुके है। प्रशासन का कहना है कि पूरे मामले की गहन जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
पूर्णिया में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा के बयान के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया गया। जिले भर से कांग्रेस कार्यकर्ता और नेता शहर के आर एन साह चौक पर एकजुट हुए और मुख्यमंत्री का पुतला दहन कर अपना आक्रोश व्यक्त किया। प्रदर्शन की अगुवाई जिला अध्यक्ष कुमार आदित्य ने किया। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। पार्टी ने स्पष्ट किया कि इस मुद्दे पर आगे भी चरणबद्ध तरीके से आंदोलन जारी रहेगा। कार्यकर्ता जुलूस की शक्ल में आर एन साह चौक पर एकत्र हुए और नारेबाजी करते हुए विरोध दर्ज कराया। मौके पर मौजूद नेताओं और कार्यकर्ताओं ने खड़गे का अपमान नहीं सहेगा हिंदुस्तान जैसे नारे लगाए। कांग्रेस नेताओं ने कहा- खड़गे नहीं बल्कि पूरे पूरे SC-ST समाज का अपमान किया मौके पर मौजूद कांग्रेस जिला अध्यक्ष कुमार आदित्य ने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे एक वरिष्ठ और लोकप्रिय दलित नेता हैं। उनके खिलाफ इस्तेमाल की गई अभद्र भाषा न केवल एक व्यक्ति बल्कि पूरे SC-ST समाज का अपमान है। उन्होंने कहा कि इस तरह की बयानबाजी किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पूर्व जिला अध्यक्ष नीरज कुमार उर्फ छोटू सिंह ने कहा कि एक मुख्यमंत्री पद पर बैठे व्यक्ति की ओर से इस तरह की भाषा का इस्तेमाल लोकतांत्रिक मूल्यों और राजनीतिक मर्यादा के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि जब राजनीति में नैतिकता कमजोर पड़ती है, तो संवैधानिक मूल्यों पर भी खतरा मंडराने लगता है। प्रदेश प्रवक्ता जयवर्धन सिंह ने इस बयान को जनता का ध्यान असली मुद्दों जैसे बेरोजगारी और महंगाई से भटकाने की कोशिश बताया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस तरह की राजनीति का विरोध करती रहेगी।
डीडवाना शहर की मारवाड़ फुटबॉल अकादमी से जुड़ी खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन के दम पर राजस्थान अंडर-14 बालिका फुटबॉल टीम ने खेलो इंडिया के फाइनल राउंड में असम को 3-2 से हराकर अपने ग्रुप में दूसरा स्थान हासिल किया है। यह मुकाबला पंजाब के महिलपुर में खेला गया। राजस्थान फुटबॉल एसोसिएशन द्वारा इस टीम की जिम्मेदारी पहली बार नवगठित डीडवाना जिले को सौंपी गई थी। मारवाड़ फुटबॉल अकादमी में हुए प्रशिक्षण के बाद टीम ने शानदार तालमेल और संघर्ष का परिचय दिया। मैच की शुरुआत से ही राजस्थान टीम आक्रामक रही। पहले हाफ में पवन ने स्ट्राइकर की भूमिका निभाते हुए शानदार गोल दागकर टीम को 1-0 की बढ़त दिलाई। इसके बाद अर्पणा ने दूसरा गोल कर स्कोर 2-0 कर दिया। हालांकि, दूसरे हाफ में असम ने जोरदार वापसी करते हुए स्कोर 2-2 से बराबर कर दिया, जिससे मुकाबला रोमांचक हो गया। मैच के अंतिम सात मिनटों में राजस्थान को सेंटर से डायरेक्ट फ्री किक मिली, जिसे पुष्पा ने शानदार तरीके से गोल में तब्दील कर टीम को 3-2 की निर्णायक बढ़त दिलाई और जीत सुनिश्चित की। अकादमी के संरक्षक डॉ. सोहन चौधरी ने बताया कि डीडवाना के फुटबॉल इतिहास में यह पहली बार है जब यहां राजस्थान टीम का प्रशिक्षण हुआ और टीम ने जीत के साथ जिले का नाम रोशन किया। टीम के कोच शादाब उस्मानी के मार्गदर्शन और खिलाड़ियों की मेहनत को इस सफलता का श्रेय दिया गया। इस उपलब्धि पर राजस्थान फुटबॉल सचिव दिलीप सिंह शेखावत सहित शहर के खेल प्रेमियों और पदाधिकारियों ने खिलाड़ियों व कोच को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।
असम में विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों से पहले मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा खाटूश्याम मंदिर (सीकर) पहुंचे। बिस्वा ने मंदिर में पूजा-अर्चना करके देश की खुशहाली की कामना की। मंदिर कमेटी के पूर्व अध्यक्ष प्रताप सिंह चौहान ने पूजा अर्चना करवाई। इस दौरान कोषाध्यक्ष रविंद्र प्रताप सिंह चौहान भी मौजूद रहे। मीडिया से बातचीत में मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा शर्मा ने कहा- मैं बाबा के दरबार में हमेशा आता रहता हूं। अब चुनाव खत्म होने के बाद यहां पर आया हूं। इसके बाद सालासर जाने का कार्यक्रम है। शर्मा ने विश्वास जताया कि असम में बीजेपी बड़ी जीत हासिल करेगी। वहां पर 126 सीटें हैं। इस बार बीजेपी 90 से 100 सीटों के बीच जीत हासिल करेगी। कांग्रेस नेता पवन खेड़ा द्वारा लगाए गए आरोपों पर शर्मा ने कहा- यह मंदिर है, यहां पर ज्यादा राजनीति की बात नहीं करना चाहता। लेकिन जो भी काम किए, वे फोटोशॉप और AI से करके सारे झूठे कागज बनाए गए। मुझे लगता है कि कानून अपना काम करेगा। अब देखिए, PHOTOS… रिणाम अच्छा आएगा, इसमें कोई इश्यू नहीं है हिमंता बिस्वा ने सालासर में कहा- मैं सालासर में दर्शन के लिए आता रहता हूं। चुनाव समाप्त हुए तो मन में यह भाव आया कि बालाजी के दर्शन करें। अच्छा दर्शन हुआ। यहां की व्यवस्था अच्छी है। असम में हाल ही हुए चुनावों को लेकर उन्होंने कहा कि- परिणाम अच्छा आएगा, इसमें कोई इश्यू नहीं है। बीजेपी की तीसरी बार सरकार बनेगी। एकतरफा माहौल है। बंगाल में हमारे लोग फाइट कर रहे हैं बंगाल चुनाव के बारे में हिमंता बिस्वा सरमा ने कहा- बंगाल में हमारे लोग फाइट कर रहे हैं। उम्मीद है इस बार बंगाल में बीजेपी जीतेगी। मैं पंद्रह अप्रैल से वहां चुनाव प्रचार करूंगा। मुझे वहां से खबर मिल रही है वहा पॉजिटिव माहौल है। हिमंता बिस्वा सरमा ने राहुल गांधी और पवन खेड़ा को पागल बताया- इनके दिमाग में कुछ नहीं है। कहीं से भी कुछ भी उठाकर, फोटो स्टेट करवाकर बोल देते हैं। कोई मर्यादा नहीं रखते हैं। बच्चा भी फोटो स्टेट करता है तो अच्छे से। इनको तो वो भी करना नहीं आता। 5 मई को 126 सीटों पर होगा उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला असम में 126 सीटों के लिए हुए विधानसभा चुनाव में 41 पार्टियों के 722 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला 5 मई को होगा। 35 जिलों में से 26 से ज्यादा जिलों में 80% से ऊपर मतदान हुआ। सबसे ज्यादा 95.56% मतदान साउथ सलमारा मनकचर जिले में हुआ, जबकि सबसे कम 75.25% वोटिंग वेस्ट कार्बी आंगलॉन्ग में हुई। मतदान 9 अप्रैल को हुआ था।
मधुबनी जिला पश्चिम की कांग्रेस अध्यक्ष मीना देवी कुशवाहा के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा का पुतला दहन किया। यह प्रदर्शन कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और वरिष्ठ नेता पवन खेड़ा के खिलाफ असम के मुख्यमंत्री की कथित अमर्यादित टिप्पणी के विरोध में किया गया। कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि असम के मुख्यमंत्री ने खड़गे और खेड़ा के खिलाफ अमर्यादित और ओछी भाषा का प्रयोग किया है, जो लोकतंत्र के लिए कलंक है। उन्होंने कहा कि सत्ता के अहंकार में डूबे मुख्यमंत्री को लोकतंत्र में विपक्ष के सम्मान का महत्व समझना चाहिए अपमान की राजनीति नहीं की जाएगी बर्दाश्त इस अवसर पर जिला अध्यक्ष मीना देवी कुशवाहा ने कड़ा संदेश देते हुए कहा, अपमान की यह राजनीति अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। हमारे सम्मानित नेताओं के खिलाफ अभद्र टिप्पणी करने वालों को जनता और कांग्रेस का एक-एक कार्यकर्ता करारा जवाब देगा। इस विरोध प्रदर्शन में वरिष्ठ कांग्रेसी नेता कृष्णकांत झा 'गुड्डू', एनएसयूआई के जिला अध्यक्ष आलोक कुमार झा, सुरेंद्र कुमार महतो, गुड्डू शाह, पंकज कुमार झा और विनय कुमार झा सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित थे।
बिहार में नई सरकार के गठन से पहले ही राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। इसी क्रम में पश्चिम चंपारण के बेतिया में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा का पुतला दहन कर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन भाजपा नेताओं द्वारा विपक्ष के खिलाफ कथित रूप से अमर्यादित भाषा के प्रयोग के विरोध में आयोजित किया गया था। आपत्तिजनक भाषा लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भाजपा और केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उन्होंने राजनीतिक मर्यादा बनाए रखने की मांग उठाई। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा के कई वरिष्ठ नेता लगातार विपक्षी दलों के नेताओं के खिलाफ अभद्र और आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग कर रहे हैं, जो लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत है। पुतला दहन कार्यक्रम कांग्रेस के नवनियुक्त जिला अध्यक्ष राकेश कुमार यादव के नेतृत्व में आयोजित किया गया था। इस अवसर पर जिलाध्यक्ष राकेश कुमार यादव ने असम के मुख्यमंत्री के बयान पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि भाजपा नेताओं को अपनी भाषा पर नियंत्रण रखना चाहिए। उन्होंने जोर दिया कि लोकतंत्र में विचारों का मतभेद स्वाभाविक है, लेकिन किसी भी नेता को अपनी मर्यादा नहीं भूलनी चाहिए। बयानबाजी बंद करें, नहीं तो आंदोलन तेज होगा कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने आगे कहा कि भाजपा नेताओं द्वारा लगातार राजनीतिक शिष्टाचार का उल्लंघन किया जा रहा है, जिससे लोकतंत्र की गरिमा प्रभावित हो रही है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि भाजपा नेताओं द्वारा इस प्रकार की बयानबाजी बंद नहीं की गई तो कांग्रेस पार्टी सड़क से सदन तक आंदोलन को और तेज करेगी। कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे। उन्होंने एकजुट होकर पार्टी नेतृत्व के समर्थन में आवाज बुलंद की और भाजपा के खिलाफ विरोध दर्ज कराया। इस विरोध प्रदर्शन के माध्यम से कांग्रेस ने स्पष्ट संदेश दिया कि वह राजनीतिक मर्यादा और लोकतांत्रिक मूल्यों के संरक्षण के लिए हर स्तर पर संघर्ष करती रहेगी।
लखनऊ में राष्ट्रीय हिंदू रक्षा परिषद ने गांधी प्रतिमा पर विरोध प्रदर्शन किया। महामंडलेश्वर बाबा महादेव त्रिशूल लेकर पहुंचे। इस दौरान नारेबाजी करते हुए फरसा बाबा की मौत पर भी नाराजगी जताई। प्रदर्शनकारियों ने गाय को राष्ट्रीय गौ माता घोषित करने और गौ हत्या करने वालों को फांसी की सजा देने की मांग की है। बाबा महादेव ने कहा- गौ माता की सुरक्षा हम सब के लिए सर्वोपरि है। हम गाय माता की रक्षा के लिए कठोर कानून की मांग करते हैं। गौ माता को राष्ट्रीय माता का दर्जा दिया जाए। असम के मुख्यमंत्री हेमंत बिस्वा शर्मा कहते हैं कि घर के अंदर बीफ खा सकते हैं। यह बेहद निंदनीय और बेहूदा बयान है। इसका क्या मतलब है घर के अंदर रेप और हत्या कर सकते हैं। बाहर ना करें। यह बिल्कुल बकवास बात है कि गौ मांस खाओ मगर घर के अंदर। उसके बाद यह लोग कहते हैं कि हम सनातनी हैं। अभी हम लोग कुछ बोल देंगे तो यह कहेंगे कि पार्टी बदल ली है। उल्टे सीधे बयान आप दो गंदे काम आप करो और पार्टी बदलने का आप हमारे ऊपर लगाते हैं। ‘बीजेपी को हिंदुत्व का ठेका मिला’ बाबा महादेव ने कहा- भारतीय जनता पार्टी को 3500 करोड़ का हिंदुत्व का ठेका मिला था। मगर बीजेपी वाले पैसा खा गए। कोई काम नहीं किया। अब इनका ठेका वापस लिया जाएगा। तभी हिंदुत्व का कोई काम होगा। पश्चिम बंगाल में बाबरी मस्जिद का निर्माण करवाने वाले हुमायूं कबीर को Y श्रेणी की सुरक्षा पर बाबा ने सवाल खड़े करते हुए नाराजगी जताई। उन्होंने कहा- जो पश्चिम बंगाल में मस्जिद बन रही है। इसके पीछे भाजपा की राजनीति और षड्यंत्र है। ‘गौ माता पर अत्याचार बर्दाश्त नहीं’ बाबा महादेव ने कहा- हम लोग भाजपा को इसलिए लाए थे कि गौ रक्षा होगी। मगर ऐसा कुछ नहीं हो रहा है। भाजपा पूरे विश्व में सनातन धर्म की ठेकेदार पार्टी है। अगर कोई राम जी, कृष्ण जी की हिंदुत्व की बात करेगा तो वह गलत कहलाएगा। कोई गौ रक्षा की बात करें तो उसे कांग्रेस और सपा का बता दिया जाता है। सरकार में गौ माता पर अत्याचार बिल्कुल भी उचित नहीं है। गौ माता पर अत्याचार हम बर्दाश्त नहीं करेंगे। यह लड़ाई अंतिम सांस तक लड़ेंगे।
असम के मुख्यमंत्री हिमांता बिस्वा शर्मा के कथित अभद्र बयान को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं का आक्रोश शुक्रवार को सीवान में देखने को मिला। कांग्रेस के प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर जिले में प्रदर्शन किया गया और मुख्यमंत्री का पुतला दहन कर विरोध दर्ज कराया गया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने जमकर नारेबाजी की। “दलितों का अपमान नहीं सहेगा हिन्दुस्तान”, “अभद्र भाषा का इस्तेमाल बंद करो”, “प्रधानमंत्री जवाब दो” जैसे नारों से माहौल गूंज उठा। आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने भाजपा और आरएसएस के खिलाफ भी तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए इसे सामाजिक सौहार्द के खिलाफ बताया। पुतला दहन के बाद आयोजित सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस जिलाध्यक्ष सुशील कुमार ने कहा कि असम के मुख्यमंत्री द्वारा कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के खिलाफ इस्तेमाल की गई भाषा न केवल निंदनीय है, बल्कि पूरी तरह अस्वीकार्य भी है। उन्होंने कहा कि खरगे देश के वरिष्ठ और सम्मानित नेता हैं और उनके खिलाफ इस तरह की टिप्पणी पूरे दलित समाज का अपमान है। सुशील कुमार ने कहा कि यह घटना कोई नई नहीं है, बल्कि भाजपा और आरएसएस की सोच को दर्शाती है, जहां विरोधियों के प्रति अपमानजनक भाषा का प्रयोग किया जाता है। उन्होंने कहा कि देश में लोकतंत्र और सामाजिक सम्मान को बनाए रखने के लिए ऐसी मानसिकता का विरोध जरूरी है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी इस मामले पर स्पष्ट रुख अपनाने की मांग की और कहा कि अगर देश के शीर्ष नेतृत्व की ओर से इस तरह के बयानों पर चुप्पी साधी जाती है, तो यह लोकतांत्रिक मूल्यों के लिए चिंताजनक है। कार्यक्रम के अंत में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एकजुट होकर यह संकल्प लिया कि वे सामाजिक न्याय और सम्मान के मुद्दों पर लगातार आवाज उठाते रहेंगे और किसी भी तरह के अपमानजनक बयान का लोकतांत्रिक तरीके से विरोध जारी रखेंगे।
असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा द्वारा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे पर की गई कथित आपत्तिजनक टिप्पणी के विरोध में शुक्रवार को शेखपुरा में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान शहर के पटेल चौक पर असम के मुख्यमंत्री का पुतला दहन कर कार्यकर्ताओं ने आक्रोश व्यक्त किया। शेखपुरा जिला कांग्रेस कमेटी के बैनर तले हुए इस विरोध कार्यक्रम में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता अपनी हाथों में तख्तियां लेकर सड़कों पर उतरे। उन्होंने जुलूस निकाला और जमकर नारेबाजी की। इस प्रदर्शन का नेतृत्व कांग्रेस जिला अध्यक्ष आनंदी कुमार यादव एवं वरिष्ठ नेता जितेंद्र नाथ ने किया। जिला अध्यक्ष आनंदी कुमार यादव ने कहा कि इस तरह की बयानबाजी लोकतांत्रिक मर्यादाओं के खिलाफ है और इसे किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा नेता राजनीतिक दबाव में भाषा की गरिमा भूलते जा रहे हैं। वहीं, वरिष्ठ नेता जितेंद्र नाथ पटेल ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि असम के मुख्यमंत्री सार्वजनिक रूप से माफी नहीं मांगते हैं तो कांग्रेस चरणबद्ध तरीके से आंदोलन को तेज करेगी। प्रदर्शन के अंत में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एकजुट होकर पुतला दहन किया और कहा कि राजनीतिक मतभेद अपनी जगह हैं, लेकिन व्यक्तिगत टिप्पणी अस्वीकार्य है। इस मौके पर शंभू सिंह, राहुल कुमार, बिपिन चौरसिया, प्रेम कुमार गुप्ता, शिव शंकर महतो, गोरेलाल कुशवाहा, प्रमोद यादव, रामप्रसाद दास, पिंटू कुमार, शंकर प्रसाद उर्फ भैया जी, शंभू सिंह, विनोद सिन्हा, केदार राम, चुनूं कुमार, नवल पांडेय, संजय सिंह (एडवोकेट), सुमन कुमार, बृजेश कुमार सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।
अलीगढ़ में कांग्रेस के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा के खिलाफ कलेक्ट्रेट पर जमकर प्रदर्शन किया। पूर्व विधायक और पूर्व हरियाणा प्रभारी विवेक बंसल के नेतृत्व में पहुंचे पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की पुतला दहन करने की कोशिश करने पर पुलिस से नोकझोंक हुई। इस दौरान काफी देर तक हंगामा भी होता रहा। पुलिस पर दमनकारी नीति का आरोप प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेता विवेक बंसल ने कहा- असम के मुख्यमंत्री ने राष्ट्रीय अध्यक्ष के खिलाफ जिस अमर्यादित और असंसदीय भाषा का प्रयोग किया है, वह संवैधानिक मर्यादा के विपरीत है। उन्होंने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि हम लोकतांत्रिक तरीके से पुतला फूंकने आए थे, लेकिन पुलिस ने दमनकारी रुख अपनाते हुए जबरन पुतला छीन लिया। आरोप लगाया कि भाजपा के संगठन जब चाहें पुतला फूंक लेते हैं। उस समय पुलिस को सार्वजनिक स्थलों की मर्यादा याद नहीं आती। यह दोहरी नीति देश के लोकतंत्र को कमजोर कर रही है। भाजपा पर लगाया दुरुपयोग करने का आरोप विवेक बंसल ने कटाक्ष करते हुए कहा कि आज देश में चुनाव आयोग से लेकर हर सरकारी संस्थान का भाजपा द्वारा दुरुपयोग किया जा रहा है। उन्होंने हिमंत बिस्वा सरमा को 'निरंकुश' करार देते हुए राहुल गांधी के प्रति उनकी बयानबाजी की भी कड़ी निंदा की। महानगर अध्यक्ष की चेतावनी– 'कल 10 पुतले फूकेंगे' कांग्रेस महानगर अध्यक्ष नवेद खान ने पुलिस प्रशासन को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि योगी-मोदी राज में पुलिस खुद सरकार और भाजपा के एजेंट के रूप में काम कर रही है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि राष्ट्रीय नेताओं का अपमान कांग्रेस बर्दाश्त नहीं करेंगे। पुलिस ने जबरदस्ती पुतला छीना है, लेकिन कल हम 10 पुतले लेकर आएंगे।
कानपुर में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा के बयान के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए पुतला फूंका और नारेबाजी की। शुक्रवार को महानगर कांग्रेस के कार्यकर्ता बारादेवी चौराहे पर एकत्र हुए। इस दौरान उन्होंने असम के मुख्यमंत्री के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और उनका पुतला फूंका। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमान नें कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और प्रवक्ता पवन खेड़ा के खिलाफ अभद्र और अमर्यादित भाषा का इस्तेमाल किया है, जिसका पार्टी विरोध करती है। राजनीतिक संवाद में मर्यादा बनाए रखने की अपील की प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने कहा- पार्टी अपने शीर्ष नेतृत्व के खिलाफ इस तरह की टिप्पणी को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं करेगी। उन्होंने राजनीतिक संवाद में मर्यादा बनाए रखने की अपील की। नेताओं कहा- पुलिस ने पुतला फूंकने से रोकने का प्रयास किया। लेकिन कांग्रेसियों ने विरोध करते हुए पुतला फूंक दिया। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे। इस दौरान उन्होंने केंद्र सरकार और भाजपा के खिलाफ भी नाराजगी जताई। कहा- इस तरह की बयानबाजी लोक तंत्र के लिये ठीक नहीं है। ये मौजूद रहे विरोध प्रदर्शन के दौरान रमणीक चतुर्वेदी, हरप्रकाश अग्निहोत्री, नरेश त्रिपाठी, विकास अवस्थी, जेपी पाल, प्रतिभा अटल पाल, राम नवल कुशवाहा, हरीश बाजपेई, राम स्वरूप तिवारी, रमाकांत शर्मा, टिल्लू ठाकुर, डॉ. संतोष त्रिपाठी, अंजना आर्या, मनोज वाल्मीकि, ओम तिवारी, अजय तिवारी, निजामुद्दीन खान, इकबाल अहमद, फहद अब्बासी, पदम मोहन मिश्रा, अजय श्रीवास्तव शीलू, धर्मेंद्र सिंह, जफर शाकिर मुन्ना, विजय त्रिवेदी, राजेश खन्ना, राम जी दुबे, अमिताभ दत्त मिश्रा। कमलाकांत तिवारी, प्रमोद गुप्ता, मुकेश दुबे, राम शंकर राय, रवि बाजपेई, राजेश सविता,विजय शाह,अजय सिंह, अजीम अहमद, हिमांशु मिश्रा, नागेंद्र यादव, अजय त्रिपाठी,नीरज त्रिपाठी, बृजेश गुप्ता, दिनेश चौधरी, प्रवीण श्रीवास्तव, ध्रुव कुमार गौड़, वीरू चौरसिया, रामू पासवान, ऋतिक राजपूत, हरिकिशन, मुकेश कन्नौजिया, आसिफ इकबाल, विनय पांडे,राम प्रकाश, शाहिद अंसारी, मयंक द्विवेदी, रत्नेश गुप्ता, सुशील चौधरी, विकास तिवारी, सज्जन, आशुतोष शुक्ला, देव राय, राम गोपाल उत्तम, राजकिशोर वर्मा, रवि तिवारी, उमेश्वरी मौजूद रहे।
लखनऊ में NSUI के सदस्यों ने दोपहर बाद हजरतगंज चौराहे पर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। असम मुख्यमंत्री हेमंत बिस्वा शर्मा की तस्वीर जलाई। उनकी तस्वीर को सड़क पर चिपकाया। ऊपर से गाड़ियां निकाली। प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच जमकर धक्का मुक्की हुई। NSUI सदस्यों को पुलिस टांग कर ले गई। कार्यकर्ताओं ने कहा- कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, राहुल गांधी और पवन खेड़ा से हेमंता माफी मांगे। 3 तस्वीरें देखिए… ‘अभद्र लोगों को पद मिला’ प्रदर्शन कर रहे सुधांशु ने कहा- हम एनएसयूआई के लोग पूरे देश में प्रदर्शन करेंगे। इसका जमकर विरोध करेंगे। इस अपमानजनक भाषा को बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। राहुल गांधी लीडर ऑफ अपोजिशन जैसे महत्वपूर्ण पद पर हैं। भारतीय जनता पार्टी में सीएम बनने की यही योग्यता है कि बलात्कारी होना और बदतमीज होना। उन्हीं लोगों को वहां पद मिलता है। ‘नेता का अपमान बर्दाश्त नहीं’ सुधांशु ने कहा- भाजपा गली बाज और चरित्रहीन लोगों का अवसर देती है। यह देश की सबसे बड़ी बलात्कारी पार्टी है। हम लोग यह बिलकुल भी बर्दाश्त नहीं करेंगे। अभी हमने हेमंत शर्मा की तस्वीर जलाई है। इनके खिलाफ मुकदमा भी दर्ज करवाएंगे। हेमंत बिस्वा शर्मा को माफी मांगना पड़ेगा। हर्षित ने कहा- हमारा संगठन देश का सबसे बड़ा छात्र संगठन है। हमारे पार्टी के मुखिया और सम्मानित नेताओं का अपमान भाजपा कर रही है। हम लोग बाबा साहब भीमराव अंबेडकर के अनुयाई हैं। ना डरने वाले हैं ना पीछे हटने वाले हैं।
कांग्रेस ने असम CM का पुतला दहन किया:शिवहर जीरो माइल पर मल्लिकार्जुन खड़गे पर टिप्पणी का विरोध
शिवहर में जिला कांग्रेस कमेटी के कार्यकर्ताओं ने जीरो माइल चौक पर असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा का पुतला दहन कर विरोध प्रदर्शन किया। इस कार्यक्रम का नेतृत्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष अधिवक्ता अफरोज आलम ने किया। प्रदर्शन के दौरान जिला अध्यक्ष अफरोज आलम ने आरोप लगाया कि हिमंता बिस्वा सरमा ने कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के खिलाफ अभद्र टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी इस तरह की टिप्पणी को स्वीकार नहीं करेगी। भाषा दलित समाज के प्रति नफरत को दर्शाती आलम ने यह भी कहा कि इस तरह की भाषा दलित समाज के प्रति नफरत को दर्शाती है और यह भाजपा की मानसिकता को उजागर करती है। उन्होंने मांग की कि मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जाए। आलम ने चेतावनी दी कि यदि कार्रवाई नहीं हुई, तो कांग्रेस कार्यकर्ता आगे भी आंदोलन जारी रखेंगे। कांग्रेस कार्यकर्ता इस अपमान को सहन नहीं करेंगे इस संबंध में वरिष्ठ नेता वशिष्ठ नारायण राउत ने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ता इस अपमान को सहन नहीं करेंगे। उन्होंने मुख्यमंत्री से देश से माफी मांगने की मांग की और केंद्र सरकार से भी इस मामले में कार्रवाई करने का आग्रह किया। इस अवसर पर महिला जिला अध्यक्ष आशा कुमारी यादव, उपाध्यक्ष वशिष्ठ नारायण राउत, कोषाध्यक्ष मो. सद्दाम हुसैन सहित कई अन्य कार्यकर्ता मौजूद थे।
खड़गे के समर्थन में सड़कों पर उतरी कांग्रेस:जमुई में असम CM के बयान पर किया विरोध, जलाया पुतला
जमुई में शुक्रवार को जिला कांग्रेस कमेटी ने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा के बयान के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देश पर आयोजित इस प्रदर्शन में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कचहरी चौक तक रैली निकाली और मुख्यमंत्री सरमा का पुतला दहन किया। जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र गौतम की अध्यक्षता में हुए इस प्रदर्शन में कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि मल्लिकार्जुन खड़गे के खिलाफ अभद्र और आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग निंदनीय, शर्मनाक और अस्वीकार्य है। वक्ताओं ने कहा कि खड़गे देश के वरिष्ठ दलित नेता हैं, और उनका अपमान करोड़ों एससी-एसटी समाज का अपमान है। असम के मुख्यमंत्री का पुतला दहन किया प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी की और कचहरी चौक पर असम के मुख्यमंत्री का पुतला दहन किया। इस कार्यक्रम में पूर्व जिलाध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद सिंह, उपाध्यक्ष दिवाकर सिंह, प्रवक्ता सदानंद सिंह, महासचिव निवास सिंह, युवा जिलाध्यक्ष शहंशाह आलम, पूर्व विधानसभा प्रत्याशी शशिभूषण सिंह सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। आंदोलन को और तेज करने की चेतावनी इनके अलावा, किसान प्रकोष्ठ अध्यक्ष रामनरेश सिंह, लक्ष्मीकांत पांडेय, सुबोध मंडल, उदय झा, पंकज सिंह, धीरेंद्र सिंह, आनंदी महतो, गंगा सिंह, राजेश पासवान समेत बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता, महिलाएं और आम लोग भी शामिल हुए। नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि ऐसी भाषा का प्रयोग बंद नहीं हुआ तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
सोनभद्र में जिला कांग्रेस कमेटी के जिलाध्यक्ष रामराज सिंह गोंड के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने असम के मुख्यमंत्री हेमंत बिस्वा सरमा का पुतला दहन किया। यह विरोध प्रदर्शन रॉबर्ट्सगंज के बढ़ौली चौक पर किया गया, जिसमें मुख्यमंत्री सरमा द्वारा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और राष्ट्रीय प्रवक्ता पवन खेड़ा के खिलाफ की गई कथित अभद्र टिप्पणी को लेकर नाराजगी जताई गई। जिलाध्यक्ष रामराज सिंह गोंड ने कहा कि असम के मुख्यमंत्री ने राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और राष्ट्रीय प्रवक्ता पवन खेड़ा के खिलाफ अभद्र भाषा और अमर्यादित टिप्पणी का इस्तेमाल कर अपनी गरिमा खो दी है। उन्होंने मुख्यमंत्री से तत्काल माफी मांगने और भारतीय जनता पार्टी के शीर्ष नेतृत्व से उनके खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की। गोंड ने आगे कहा कि संविधान की शपथ लेने वाले मुख्यमंत्री ने सत्ता के लालच में अपना आपा खो दिया है और कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे का अपमान किया है। कांग्रेस इस कृत्य का कड़ा विरोध और निंदा करती है। उन्होंने भाजपा के शीर्ष नेतृत्व से ऐसे अमर्यादित और असभ्य भाषा बोलने वाले मुख्यमंत्री को तत्काल बर्खास्त करने की अपील की। प्रदेश नेतृत्व के निर्देश पर कांग्रेस कार्यकर्ता बढौली चौक पर जमा हुए और प्रतीकात्मक पुतला दहन कर विरोध प्रदर्शन किया। इस कार्यक्रम में पूर्व शहर अध्यक्ष राजीव त्रिपाठी, पूर्व जिला उपाध्यक्ष स्वामी अरविंद सिंह, यूथ कांग्रेस के जिलाध्यक्ष शशांक मिश्रा, जिला उपाध्यक्ष हाजी नूरुद्दीन खान, जिला उपाध्यक्ष बृजेश तिवारी, जिला उपाध्यक्ष कन्हैया पांडे, आरटीआई के जिलाध्यक्ष श्रीकांत मिश्रा, कोषाध्यक्ष राजबली पांडे, अमरेश देव पांडे, लल्लू राम पांडे, मृदुल मिश्रा, रोहिल मिश्रा, ओमप्रकाश रावत, दयाशंकर पांडे, आशीष सिंह, स्वतंत्र साहनी, प्रांजल श्रीवास्तव, प्रदीप कुमार चौबे, शंकर लाल भारती, विशिष्ट चौबे, ददन प्रसाद, अनीता गोंड, रोजनी खान, पंकज मिश्रा, राहुल सिंह पटेल, गुलाब तिवारी, दयाराम प्रजापति, ऋषि राज कुमार और सुनील कुमार मिश्रा सहित कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।
गाजियाबाद में कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने आज असम के मुख्यमंत्री का पुतला दहन करने का प्रयास किया। इस मौके पर पुलिस ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं से जबरन पुतला छीन लिया। इसके लेकर उनके बीच धक्का मुक्की हुई। बाद में पुलिस पुतला ले गई। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि पुलिस ने धक्का मुक्की कर हमारे कार्यकर्ताओं और नेताओं को गिराने का प्रयास किया है। खड़गे पर टिप्पणी के विरोध में प्रदर्शन कांग्रेस जिला अध्यक्ष सतीश शर्मा और पूर्व महानगर अध्यक्ष लोकेश चौधरी का कहना है कि आज कांग्रेस कार्यकर्ता पार्टी कार्यालय पर जुटे। कार्यकर्ताओं ने असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिसवा शर्मा का नारेबाजी कर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने जमकर नारेबाजी करते हुए अपनी नाराजगी जताई। यह प्रदर्शन कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के प्रति की गई कथित अभद्र और अशोभनीय टिप्पणी के विरोध में किया गया। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि असम के मुख्यमंत्री को माफी मांगनी चाहिए। यह एक मुख्यमंत्री शोभा नहीं देता। हालांकि पुलिस ने कांग्रेस नेताओं को पुतला दहन नहीं करने दिया और जबरन पुतला छीन कर ले गई।
लखनऊ में कांग्रेस का जोरदार हंगामा विरोध प्रदर्शन। असम के मुख्यमंत्री हेमंत विश्व शर्मा का पुतला फूंक कर नाराजगी जताई। कांग्रेस के नाराज कार्यकर्ताओं ने भारतीय जनता पार्टी और हेमंत विश्व शर्मा के खिलाफ जमकर हंगामा नारेबाजी और विरोध किया। प्रदर्शनकारी हेमंत विश्व शर्मा का दो पुतला लेकर आए थे। कांग्रेस के लोग एक पुतला फूंकने में तो सफल हो गए जबकि दूसरा पुतला पुलिस छीन कर भाग गई। प्रदर्शन कर रहे मौके पर कांग्रेस शहर कमेटी के अध्यक्ष शहजाद आलम ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी के शीर्ष के नेताओं में असम के सीएम की गिनती होती है। और उनकी भाषा बेहद खराब और निंदनीय है जब एक राज्य का मुख्यमंत्री इस तरह की भाषा इस्तेमाल कर रहा है तो ऐसे में पार्टी के दूसरे नेताओं और कार्यकर्ताओं से क्या उम्मीद की जा सकती है। हमारी मांग है कि तत्काल हेमंत विश्व शर्मा माफी मांगे । कांग्रेस शहर कमेटी के अध्यक्ष अमित त्यागी ने कहा कि यह भाषा बेहद शर्मनाक और अपमानजनक है। खुद को देश की सबसे सांस्कृतिक और सभ्य पार्टी कहने वाले दल। इन्होंने बेहद गलत और निंदनीय बयान बाजी किया है इसके लिए सिर्फ कांग्रेस पार्टी से नहीं बल्कि पूरे देश से माफी मांगे। जो पार्टी अपने आप तो सबसे ज्यादा सभ्य और संस्कारी करती है उसी की भाषा सबसे अधिक खराब है। अमित त्यागी ने कहा कि वह बताएं कि एक राज्य का मुख्यमंत्री इस तरह की भाषा इस्तेमाल कर रहा है इसे कहां से संस्कारी कहेंगे। यह जिस तरीके की भाषा इस्तेमाल कर रहे हैं क्या जीवन भर सत्ता में रहेंगे। हम लोग भी सत्ता में रहे मगर कभी ऐसी भाषा का इस्तेमाल नहीं किया। इन्होंने कहा कि हमारे प्रवक्ता पवन खेड़ा ने उनकी पत्नी के डॉक्यूमेंट पर सवाल खड़े किए थे उसका जवाब देना चाहिए ना कि अभद्र भाषा का इस्तेमाल करना चाहिए।
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा पर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को लेकर अपशब्द बोले जाने के बाद शुक्रवार को कांग्रेसी सड़क पर उतर आए। उन्होंने पुलिस को चकमा देकर कमिश्नरी चौराहे पर हिमंत बिस्व सरमा का पुतला आग के हवाले कर दिया। जब तक पुलिस मौके पर पहुंच पाती तब तक पुतला फूंका जा चुका था। विरोध प्रदर्शन की दो तस्वीरें… घेराबंदी के बावजूद पहुंचे कांग्रेसी कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय के ऐलान के बाद पुलिस को सतर्क कर दिया गया। मेरठ पुलिस भी कमिश्नरी और कलेक्ट्रेट में फैल गई। जगह-जगह पुलिस बल तैनात कर दिया गया। इसके बावजूद कांग्रेसी चकमा देते हुए कमिश्नरी पर पहुंच गए और पुतला आग के हवाले कर दिया। सुबह से कमिश्नरी पर पुलिस बल तैनात रखा गया। इसके बावजूद कांग्रेसी चकमा देकर कमिश्नरी पहुंचे और एक कार में रखे पुतले को निकालकर उसे आग के हवाले कर दिया। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं की पुलिस से जमकर धक्कामुक्की भी हुई। विरोध के बीच कांग्रेसियों ने पुतले में आग लगा दी। उन्होंने पुतले को चप्पल में जूते से पीट कर अपना आक्रोश जताया। पहले से लाकर रखा गया था पुतला कांग्रेसी पुलिस से एक कदम आगे रहे। वह जानते थे कि पुलिस उन्हें पुतला फूंकने नहीं देगी, इसलिए उन्होंने सुबह ही कमिश्नरी पर एक कार में लाकर पुतला रख दिया। सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि पुलिस को इसकी भनक लग गई थी और पुतला ढूंढ भी लिया था लेकिन फिर भी वह कांग्रेसियों को पुतला फूंकने से नहीं रोक सकी। राष्ट्रीय अध्यक्ष पर टिप्पणी बर्दाश्त नहीं महानगर अध्यक्ष रंजन शर्मा ने कहा कि कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को लेकर जिस तरह से टिप्पणी की गई है, वह शर्मनाक है। मुख्यमंत्री जैसे पद पर होने के बावजूद सार्वजनिक मंच से अपशब्द बोलना किसी को शोभा नहीं देता। कांग्रेसी इसे कतई बर्दाश्त नहीं करेंगे। फिर एक बार मानसिकता हुई उजागरकांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कहा कि मल्लिकार्जुन खड़गे दलित समाज से हैं, इसलिए उन पर इस तरह की टिप्पणी एक मुख्यमंत्री के द्वारा की गई है। एक बार फिर भाजपा नेतृत्व व नेताओं की मानसिकता उजागर हो गई है जो दलितों का सम्मान करने की बात कहते तो हैं लेकिन करते नहीं है। कांग्रेस हमेशा इसका विरोध करेगी। महिला पुलिस न होने पर भड़के कांग्रेसी जिस समय कांग्रेसी पुतला जला चुके थे, उस समय कुछ पुलिसकर्मी दौड़कर वहां पहुंचे और कांग्रेसियों को हटाकर पुतले की आग बुझाने का प्रयास करने लगे। कुछ महिला कार्यकर्ता भी थी। आरोप है कि पुलिसकर्मी उनके साथ भी धक्कामुक्की करने लगे। यह देख अवनीश काजला भड़क गए। उन्होंने कहा कि क्या पुलिस के पास महिला पुलिसकर्मी नहीं हैं जो पुरुष पुलिसकर्मी उन्हें पकड़ रहे हैं।
पवन खेड़ा को बड़ी राहत, एक सप्ताह के लिए अग्रिम जमानत; पीछे पड़ी थी असम पुलिस
कांग्रेस नेता पवन खेड़ा को बड़ी राहत मिली है। असम पुलिस उन्हें गिरफ्तार के लिए तलाश रही थी। इस बीच तेलंगाना हाई कोर्ट ने उन्हें एक सप्ताह के लिए अग्रिम जमानत दे दी है।
यूपी में आज कांग्रेस नेता प्रदर्शन कर रहे हैं। असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा के खिलाफ नारेबाजी की। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि असम के मुख्यमंत्री एक दलित विरोधी सीएम हैं। उन्होंने एक दलित वर्ग के नेता मल्लिकार्जुन खरगे जो कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं, उनका अपमान किया है। मेरठ में कांग्रेसियों ने पुतले को चप्पलों से पीटा, फिर पुतल जलाकर नारेबाजी की। मथुरा कलेक्ट्रेट के बाहर पुतला फूंका। कांग्रेस के प्रदर्शन से पहले पुलिस ने नेताओं को हाउस अरेस्ट किया है। वाराणसी में शुक्रवार सुबह बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स नेताओं के घर पहुंची। जिला और महानगर अध्यक्ष समेत कई नेताओं के घर के बाहर पुलिस तैनात है। यूपी कांग्रेस के अध्यक्ष अजय राय ने कहा- सरमा द्वारा खड़गे के लिए 'पागल' जैसे शब्दों का इस्तेमाल बेहद आपत्तिजनक है। यह भाषा उनकी घबराहट और हताशा को दिखाती है। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा को पूरे देश के सामने माफी मांगनी चाहिए। क्यों हो रहा असम के सीएम का विरोधविवाद की शुरुआत तब हुई जब कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने मुख्यमंत्री की पत्नी रिंकी भुइयां सरमा पर विदेशी संपत्ति और कई पासपोर्ट होने के आरोप लगाए। इसके बाद असम पुलिस ने दिल्ली में खेड़ा के आवास पर छापेमारी की। इस कार्रवाई पर प्रतिक्रिया देते हुए मल्लिकार्जुन खरगे ने सरकार की आलोचना की थी और विदेश मंत्रालय से स्पष्टीकरण की बात कही थी। इस पर पलटवार करते हुए हिमंता बिस्वा सरमा ने खरगे के लिए 'पागल' शब्द का इस्तेमाल किया। हिमंता ने कहा- खरगे जी की उम्र हो गई है, लेकिन फिर भी वह एक पागल व्यक्ति की तरह बात कर रहे हैं। बिना सच जाने आप ऐसे आरोप कैसे लगा सकते हैं? यह वैसा ही है जैसे किसी को जान से मार दो और फिर उसे दवा देने की बात करो। उन्होंने आगे यह भी कहा कि खरगे को देश से माफी मांगनी चाहिए और असम पुलिस पवन खेड़ा को 'पाताल' से भी ढूंढ निकालेगी। विरोध-प्रदर्शन से जुड़े अपडेट्स के लिए नीचे एक-एक ब्लॉग से गुजर जाइए…
नमस्कार, ईरान-अमेरिका में बात बनते हुए नहीं दिख रही है। वहीं, असम के लोगों ने इतिहास रच दिया है। विधानसभा चुनाव में रिकॉर्डतोड़ वोटिंग की है। हम मॉर्निंग न्यूज ब्रीफ में आगे बताएंगे कि पाकिस्तान के SP चौधरी असलम की पत्नी फिल्म धुरंधर के डायरेक्टर से क्यों नाराज हैं... ⏰ आज के प्रमुख इवेंट्स, जिन पर रहेगी नजर... कल की बड़ी खबरें... 1. ईरान बोला- अमेरिका ने सीजफायर की 3 शर्तें तोड़ीं, उससे बातचीत बेकार है ईरान ने अमेरिका पर सीजफायर की शर्तें तोड़ने का आरोप लगाया है। ऐसे में अमेरिका से बातचीत बेकार है। दरअसल, ईरान का कहना है कि सीजफायर की शर्त में लेबनान में हमला न करने की भी बात थी। लेकिन कहा अमेरिका ने कहा कि सीजफायर में लेबनान शामिल नहीं था। वहीं, पीएम नेतन्याहू ने कहा है कि इजराइल हिजबुल्लाह पर हमले जारी रखेगा। ईरान ने कहा- ये 3 अहम शर्तें तोड़ी गईं... पूर्व इजराइली आर्मी चीफ का फोन हैक: ईरान से जुड़े हंदाला हैकर ग्रुप ने दावा किया है कि उसने इजराइली सेना के पूर्व प्रमुख हर्जी हलेवी के फोन और दूसरे डिवाइस हैक किए थे। कुछ फोटो और वीडियो जारी किए हैं। इनमें हलेवी की निजी जिंदगी से जुड़ी कुछ तस्वीरें हैं। साथ ही जरूरी मीटिंग्स की फोटोज हैं। पढ़ें पूरी खबर ... 2. असम के इतिहास में सबसे ज्यादा 85.38% वोटिंग, पुडुचेरी में 90% मतदान असम के इतिहास में सबसे ज्यादा 85% वोटिंग हुई। केरलम में पिछले 49 सालों में दूसरी सबसे ज्यादा वोटिंग हुई, यहां 78% वोट डाले गए। 1977 में रिकॉर्ड 79.2% मतदान हुआ था। वहीं, पुडुचेरी में 90% मतदान हुआ। चुनाव में हिंसा भी हुई: असम में चुनाव संबंधी हिंसा में करीब 30 लोग घायल हो गए और सात लोगों को गिरफ्तार किया गया। श्रीभूमि जिले में कांग्रेस कैंडिडेट कार्तिक सेना ने EVM तोड़ दी, जिसके चलते तीन घंटे वोटिंग रुकी रही। वहीं, पुडुचेरी में कांग्रेस और बीजेपी समर्थकों के बीच झड़प हुई, जिसके बाद पुलिस ने लाठीचार्ज किया। पढ़ें पूरी खबर ... 3. धुरंधर मूवी के असली SP की पत्नी डायरेक्टर से नाराज, कहा- न बलूचों से दुश्मनी थी, न रहमान डकैत से डरे धुरंधर- 2 में दिखाए गए SP असलम चौधरी के रोल से उनकी पत्नी नौरीन चौधरी नाराज हैं। दैनिक भास्कर से बातचीत में नौरीन ने आरोप लगाया कि डायरेक्टर आदित्य धर ने बिना अनुमति उनके पति का किरदार दिखाया। उन्होंने आगे कहा, 'असलम न तो बलूचों के दुश्मन थे और न ही रहमान डकैत से डरते थे। फिल्म में उन्हें गलत तरीके से दिखाया गया है।' आदित्य धर पर केस करेंगी: नौरीन ने कहा कि मैं आदित्य धर से पाकिस्तानी करंसी में 25 करोड़ रुपए मुआवजा मांगूंगी, क्योंकि फिल्म 1500 करोड़ रुपए कमा चुकी है। अगर आदित्य धर खुद मान जाते हैं तो ठीक है, नहीं तो कोर्ट के जरिए कार्रवाई करूंगी। पढ़ें पूरी खबर ... 4. यूपी में शिक्षा मित्र-अनुदेशकों की सैलरी बढ़ाने का आदेश जारी, 1 लाख 67 हजार कर्मियों को फायदा योगी सरकार ने शिक्षा मित्रों और अनुदेशकों की सैलरी बढ़ाने का आदेश गुरुवार शाम जारी कर दिया। शिक्षा मित्रों की सैलरी 10 हजार और अनुदेशकों की सैलरी 9 हजार रुपए बढ़ाई गई है। अब शिक्षा मित्रों को 18 हजार और अनुदेशकों को 17 हजार रुपए मिलेंगे। यह बढ़ोतरी 1 अप्रैल से लागू हो चुकी है। 1 मई से बढ़ा हुआ मानदेय खातों में आना शुरू हो जाएगा। 9 साल बाद बढ़ी सैलरी: अभी अनुदेशकों को 9,000 रुपए, जबकि शिक्षा मित्रों को 10,000 रुपए मिलते थे। प्रदेश में 1,42,229 शिक्षा मित्र और 24,717 हजार अनुदेशक हैं। इस तरह एक लाख 67 हजार कर्मचारियों को फायदा मिला है। 9 साल बाद शिक्षा मित्रों की सैलरी बढ़ी है। ट्रांसफर और बीमा सुविधा भी मिलेगी: बीते दिनों CM योगी ने कहा था, अब शिक्षा मित्रों का ट्रांसफर भी होगा। शिक्षा मित्र और उनके परिवार को पांच लाख रुपए तक कैशलेस इलाज की सुविधा भी दी जाएगी। पढ़ें पूरी खबर… 5. राजभर बोले- आजमगढ़ की सभी 10 सीटों पर लड़ेंगे, संजय निषाद ने अतरौलिया से मांगा टिकट यूपी सरकार में शामिल सुभासपा और निषाद पार्टी के चीफ आमने-सामने आ गए हैं। मामला आजमगढ़ की अतरौलिया विधानसभा सीट से जुड़ा है। गुरुवार को आजमगढ़ पहुंचे सुभासपा चीफ ओमप्रकाश राजभर ने कहा कि उनकी पार्टी जिले की सभी 10 सीटों पर चुनाव लड़ेगी। आजमगढ़ किसी का गढ़ नहीं है। यहां सभी जाति-धर्म के लोग रहते हैं। अतरौलिया से निषाद पार्टी ने लड़ा था चुनाव: राजभर ने जिन 10 सीटों की बात की है, उनमें अतरौलिया सीट भी शामिल है। यहां से 2022 विधानसभा चुनाव में निषाद पार्टी ने चुनाव लड़ा था। राजभर के इस बयान को लेकर संजय निषाद ने नाराजगी जताते हुए पलटवार किया। मंत्री निषाद बोले- अभी तो सीटों का बंटवारा भी नहीं हुआ है। न ही किसी सीट को लेकर किसी कोई बातचीत हुई है। फिर भी ओमप्रकाश राजभर ने अतरौलिया सीट से चुनाव लड़ने की बात कही, जो ठीक नहीं है। यहां से चुनाव लड़ने की बात कहना पूरी तरह से गैर जिम्मेदाराना है। पढ़ें पूरी खबर… 6. दावा- हुमायूं कबीर की BJP से ₹1000 करोड़ की डील, वायरल वीडियो में PMO का जिक्र, कहा- डिप्टी सीएम बनूंगा पश्चिम बंगाल में चुनाव से पहले नेता हुमायूं कबीर का एक वीडियो वायरल हो रहा है। 19 मिनट के वीडियो में वे ममता को हराने के लिए 1000 करोड़ रूपए की डील करते दिख रहे हैं। उन्होंने भाजपा नेताओं सुवेंदु अधिकारी, मोहन यादव, हिमंता सरमा और PMO अधिकारियों से बातचीत होने का दावा किया है। साथ ही कहा कि अगर उनकी 60-70 सीटें आ गईं तो वे डिप्टी सीएम भी बन सकते हैं। हुमायूं ने वायरल वीडियो को फेक बताया: हुमायूं कबीर ने दैनिक भास्कर को बताया, 'ये आरोप पूरी तरह फेक हैं। ये वीडियो AI से बनाया गया है। जिन लोगों ने इन्हें जारी किया है मैं उनके खिलाफ कोर्ट जाऊंगा। अभी मैं चुनाव प्रचार में व्यस्त हूं। समय मिलते ही केस करूंगा।' पढ़ें पूरी खबर ... 7. सिक्किम में लैंडस्लाइड के चलते 1321 यात्री फंसे, सेना ने रेस्क्यू किया; राजस्थान में अप्रैल में सर्दी सिक्किम में भारी बर्फबारी के बीच कई जगह लैंडस्लाइड से हुई। इससे सड़कें टूटने से करीब 1321 टूरिस्ट फंस गए थे, जिनका सेना ने रेस्क्यू कर लिया है। वहीं, राजस्थान में अब तक 20 दिनों में तापमान 7 डिग्री तक गिरा है। इसी वजह से कई इलाकों में ठंड देखने को मिल रही है। जानिए आज का मौसम कैसा रहेगा: मौसम विभाग के मुताबिक, पश्चिम बंगाल, सिक्किम, बिहार और ओडिशा में आंधी-बारिश का अलर्ट है। वहीं, मध्य प्रदेश-छत्तीसगढ़ में तापमान 4 से 10C तक बढ़ेगा। पढ़ें पूरी खबर … आज का कार्टून ⚡ कुछ अहम खबरें हेडलाइन में… ️ बयान जो चर्चा में है... खबर हटके... MP के इस गांव में गाली दी तो जुर्माना लगेगा मध्य प्रदेश के बुरहानपुर जिले का एक गांव गाली मुक्त हो गया है। यहां गाली देने पर ₹500 का जुर्माना और एक घंटे सफाई की सजा का नियम बनाया गया है। पूरी खबर पढ़ें... फोटो जो खुद में खबर है भास्कर की एक्सक्लूसिव स्टोरीज, जो सबसे ज्यादा पढ़ी गईं… करेंट अफेयर्स ⏳आज के दिन का इतिहास बाजार का हाल ️ मौसम का मिजाज वृश्चिक राशि वालों को फंसा पैसा मिल सकता है। मकर राशि वालों को नई उपलब्धियां मिलने के योग हैं। जानिए आज का राशिफल... आपका दिन शुभ हो, पढ़ते रहिए दैनिक भास्कर ऐप… मॉर्निंग न्यूज ब्रीफ को और बेहतर बनाने के लिए हमें आपका फीडबैक चाहिए। इसके लिए यहां क्लिक करें…
सिंगर जुबीन गर्ग की मौत का सच गहराया, असम सरकार ने जांच के लिए गठित की एसआईटी
फेमस असमिया और बॉलीवुड सिंगर जुबीन गर्ग के अचानक निधन से उनके फैंस के बीच शोक की लहर है। जुबीन गर्ग का 19 सितंबर को सिंगापुर में समुद्र में स्कूबा डाइविंग के दौरान निधन हो गया था। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने राज्य के डीजीपी से जुबीन गर्ग ...
कौन हैं असम की अर्चिता फुकन? अमेरिकी एडल्ड स्टार संग तस्वीर शेयर करके मचाई सनसनी
असम की रहने वाली अर्चिता फुकन इन दिनों सुर्खियों में छाई हुई है। बीते दिनों अर्चिता ने एक अमेरिकी एडल्ड स्टार केंड्रा लस्ट के साथ तस्वीर शेयर की थी, जो देखते ही देखते वायरल हो गई। इसके बाद से हर कोई जानना चाहता है कि आखिर अर्चिका फुकन है कौन? ...
घर पर ताला लगाकर गायब हुए रणवीर अल्लाहबादिया, खाली हाथ लौटी मुंबई और असम पुलिस!
कॉमेडियन समय रैना के शो 'इंडियाज गॉट लेटेंट' में माता-पिता पर भद्दा कमेंट करके यूट्यूबर रणवीर अल्लाहबादिया मुश्किलों में घिर चुके हैं। देश के कई राज्यों में रणवीर के खिलाफ एफआईआर दर्ज हो चुकी है। वहीं यह मामला संसद तक उठ चुका है। अब खबर आ रही है कि ...
Ramen Baruah missing : मनोरंजन जगत से एक हैरान करने वाली खबर सामने आ रही है। असम के प्रख्यात गायक, संगीतकार और निर्देशक रमन बरुआ तीन दिन से लापता हैं। रमन बरुआ बीते सोमवार गुवाहाटी के लतासिल इलाके में अपने घर से पास के मंदिर में दर्शन करने के लिए ...

