शेयर बाजार का हाल: कच्चा तेल,अमेरिका-ईरान वार्ता और आर्थिक डेटा तय करेंगे बाजार की दिशा
मुंबई, भारतीय शेयर बाजार के लिए अलगा हफ्ता काफी अहम होगा। इस दौरान कच्चा तेल, अमेरिका-ईरान शांति वार्ता और घरेलू आर्थिक डेटा जैसे इन्फ्रास्ट्रक्चर आउटपुट, पीएमआई और फॉरेक्स डेटा से शेयर बाजार की दिशा तय होगी।
सरकार: भविष्य' पोर्टल से पेंशन अब आसान, तेज और पारदर्शी
नई दिल्ली, केंद्र सरकार ने शनिवार को कहा कि 'भविष्य' पेंशन प्रोसेसिंग प्लेटफॉर्म ने केंद्रीय सरकारी पेंशनभोगियों के लिए जीवन को काफी आसान बना दिया है। इस डिजिटल प्रणाली के जरिए पेंशन मामलों का समय पर निपटारा सुनिश्चित हुआ है, देरी और लिपिकीय त्रुटियों में कमी आई है।
तेज प्रताप यादव ने हत्या की साजिश का लगाया आरोप, पूर्व सहयोगी आकाश यादव के खिलाफ एफआईआर दर्ज
जनशक्ति जनता दल (जेजेडी) के प्रमुख और बिहार के पूर्व मंत्री तेज प्रताप यादव ने शनिवार को आरोप लगाया कि उनकी और उनके पिता लालू यादव की हत्या की साजिश रची जा रही है
पीएम-किसान निधि की किस्त किसानों के कल्याण के प्रति मोदी सरकार की प्रतिबद्धता : भाजपा किसान मोर्चा
भाजपा किसान मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और सांसद राजकुमार चाहर ने शनिवार को पश्चिम बंगाल के हुगली जिले से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (पीएम-किसान) योजना के तहत नवीनतम किस्त जारी होने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त किया।
समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और विधायक रविदास मेहरोत्रा ने शनिवार को कई मुद्दों पर केंद्र और भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला
तृणमूल में फूट के बीच अभिषेक बनर्जी की निजी जेट से दिल्ली यात्रा ने खड़ा किया सियासी घमासान
तृणमूल कांग्रेस नेता अभिषेक बनर्जी के यात्रा साधन, विशेष रूप से कोलकाता और दिल्ली के बीच कुछ समय से राजनीतिक चर्चा का विषय रहे हैं
कर्नाटक के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने घोषणा की कि राज्य सरकार नागरिक मुद्दों और जन-आंदोलनों से जुड़ी जनता की शिकायतों और समस्याओं के समाधान के लिए एक नया 'प्रजा सेवा विभाग' बनाएगी।
'गृह मंत्री शाह देश के लिए काम कर रहे हैं, पीएम पद की तैयारी नहीं', राज ठाकरे पर बरसे रामदास अठावले
केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने कई मुद्दों पर प्रतिक्रिया दी
मणिपुर: सीएम खेमचंद ने पीएम मोदी के नेतृत्व को सराहा, शांति बनाने की अपील की
मणिपुर के मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शी नेतृत्व और भारत के सबसे लंबे समय तक सेवा करने वाले प्रधानमंत्री बनने के लिए उनकी तारीफ की।
कर्नाटक में बस किराया बढ़ाने पर विचार चल रहा है: सीएम शिवकुमार
कर्नाटक के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने कहा कि आरटीसी बस का किराया बढ़ाने पर विचार किया जा रहा है
अपनी शर्तों पर राष्ट्रीय सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए आत्मनिर्भरता महत्वपूर्ण: राजनाथ सिंह
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने वर्तमान विश्व व्यवस्था की अनिश्चितताओं के बीच मजबूत तैयारी बनाए रखने के लिए तकनीकी फुर्ती, रणनीतिक दूरदर्शिता और संस्थागत नवाचार की आवश्यकता पर जोर दिया है
तमिलनाडु : स्टालिन ने 'नान मुधलवन' स्कीम का नाम बदलने की आलोचना की
तमिलनाडु के पूर्व मुख्यमंत्री और डीएमके अध्यक्ष एमके स्टालिन ने शनिवार को राज्य सरकार के उस फैसले की आलोचना की
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल के स्थापना दिवस (20 जून) पर राज्य के लोगों को बधाई और शुभकामनाएं दी हैं
वीडियो विवाद : 'आप' का पंजाबभर में प्रदर्शन, विपक्ष पर सीएम मान को बदनाम करने का आरोप
पंजाब में आम आदमी पार्टी (आप) ने शनिवार को पूरे राज्य में शिरोमणि अकाली दल (एसएडी), उसके अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और कांग्रेस के खिलाफ विरोध-प्रदर्शन किया।
डीएमके नेता सेंथिल बालाजी के चेन्नई आवास पहुंची पुलिस, कई मामलों के बीच बढ़ी सियासी हलचल
द्रविड़ मुनेत्र कषगम (डीएमके) के वरिष्ठ नेता और तमिलनाडु के पूर्व बिजली एवं आबकारी मंत्री वी. सेंथिल बालाजी के चेन्नई स्थित आवास पर शनिवार को करूर जिले की पुलिस टीम पहुंची
बिहार सरकार के कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने शनिवार को बिहार कृषि विश्वविद्यालय (बीएयू), सबौर, भागलपुर में विभिन्न परियोजनाओं एवं अनुसंधान सुविधाओं का उद्घाटन किया तथा विश्वविद्यालय की 31वीं शोध परिषद् बैठक में भाग लेकर वैज्ञानिकों और किसानों को संबोधित किया।
अखिलेश का भाजपा पर वार: सफाई के नाम पर हजारों करोड़ का घोटाला
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने प्रदेश की नदियों की बदहाल स्थिति को लेकर भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है
नीट-यूजी पुनर्परीक्षा में पारदर्शिता और छात्रों की सुविधा के लिए मॉकड्रिल जरूरी : मंत्री संजय सिंह
बिहार सरकार के मंत्री संजय सिंह ने नीट-यूजी की पुनर्परीक्षा को लेकर सरकार की मॉकड्रिल का समर्थन करते हुए कहा कि इसका उद्देश्य परीक्षा प्रक्रिया को सुचारू, सुरक्षित और पारदर्शी बनाना है
सस्ते में सोना और चांदी खरीदने का मौका; एक हफ्ते में दाम करीब 10,600 रुपए घटा
सोने और चांदी में इस हफ्ते गिरावट देखने को मिली, जिससे सोना और चांदी क्रमशः 2,800 रुपए और 10,600 रुपए से अधिक सस्ते हो गए हैं।
अकालतख्तऔरपंजाबसरकारकेबीचबढ़ाटकराव, ऑडियोरिकॉर्डिंगसामनेआनेकेबादसियासतगरमाई
चंडीगढ़. पंजाबकीराजनीतिऔरसिखधार्मिकसंस्थाओंकेबीचचलरहेविवादनेनयामोड़लेलियाहै. अकालतख्तऔरपंजाबकेमुख्यमंत्रीभगवंतमानकेबीचजारीटकरावउससमयऔरतेजहोगयाजबअकालतख्तकीओरसेएकबातचीतकीऑडियोरिकॉर्डिंगसार्वजनिककीगई. इसरिकॉर्डिंगकेसामनेआनेकेबादआमआदमीपार्टीऔरशिरोमणिअकालीदलकेबीचआरोप-प्रत्यारोपकादौरभीतेजहोगयाहै. दोनोंपक्षइसरिकॉर्डिंगकोअपने-अपनेदावोंकेसमर्थनमेंपेशकररहेहैं, जिससेमामलाअबधार्मिक, राजनीतिकऔरकानूनीबहसकाविषयबनगयाहै. विवादकीपृष्ठभूमिउसवीडियोसेजुड़ीहैजिसमेंमुख्यमंत्रीभगवंतमानसेमिलते-जुलतेदिखाईदेनेवालेएकव्यक्तिकोसिखगुरुओंकेचित्रोंपरकथितरूपसेशराबछिड़कतेहुएदिखायागयाथा. इसवीडियोकोलेकरपहलेसेहीविवादचलरहाथाऔरइसीप्रकरणकेकारणअकालतख्तनेमुख्यमंत्रीकेखिलाफकड़ारुखअपनायाथा. मामलेनेउससमयऔरगंभीररूपलेलियाजबधार्मिकभावनाओंकोठेसपहुंचानेकेआरोपोंकेबीचमुख्यमंत्रीकोलेकरसार्वजनिकबयानसामनेआनेलगे. अबसामनेआईरिकॉर्डिंगकथिततौरपरउसबातचीतकीहैजोमुख्यमंत्रीभगवंतमानऔरअकालतख्तकेजत्थेदारज्ञानीकुलदीपसिंहगर्गजकेबीचहुईथी. रिकॉर्डिंगमेंमुख्यमंत्रीकीओरसेवीडियोकोपूरीतरहफर्जीबतायागयाहै. बातचीतकेदौरानउन्होंनेकथितरूपसेकहाकिवीडियोकीसत्यताकीजांचकिसीभीफोरेंसिकप्रयोगशालासेकराईजासकतीहैऔरवहइसकेलिएतैयारहैं. रिकॉर्डिंगकेअनुसारजत्थेदारनेभीकहाकिवीडियोअसलीहैयानकली, इसकानिष्कर्षकेवलवैज्ञानिकजांचकेबादहीनिकालाजासकताहै. साथहीयहभीबतायागयाकिअकालतख्तअपनेस्तरपरवीडियोकीजांचकरानेकीप्रक्रियाअपनाएगा. रिकॉर्डिंगसार्वजनिकहोतेहीआमआदमीपार्टीनेइसेमुख्यमंत्रीकेपक्षमेंमहत्वपूर्णप्रमाणबताया. पार्टीनेताओंकाकहनाहैकिमुख्यमंत्रीनेशुरुआतसेहीवीडियोकोफर्जीबतायाथाऔरउन्होंनेकभीस्पष्टरूपसेयहदावानहींकियाकिवीडियोकृत्रिमबुद्धिमत्तातकनीकसेतैयारकियागयाहै. पार्टीकातर्कहैकिरिकॉर्डिंगयहसाबितकरतीहैकिमुख्यमंत्रीलगातारनिष्पक्षजांचकीमांगकरतेरहेऔरपूरेमामलेकोवैज्ञानिकतरीकेसेपरखाजानाचाहिए. आमआदमीपार्टीकेनेताओंनेयहभीसवालउठायाहैकिवीडियोमेंदिखाईदेनेवालाव्यक्तिवास्तवमेंकौनहैऔरउसकीपहचानकोलेकरभीस्पष्टताआवश्यकहै. पार्टीकाकहनाहैकिकिसीभीनिष्कर्षपरपहुंचनेसेपहलेतथ्योंऔरजांचरिपोर्टोंकाइंतजारकियाजानाचाहिए. रिकॉर्डिंगजारीहोनेकेबादपार्टीप्रवक्ताओंनेइसेमुख्यमंत्रीकेरुखकीपुष्टिबतायाऔरकहाकिइससेकईभ्रांतियांदूरहोतीहैं. दूसरीओरशिरोमणिअकालीदलनेइसपूरेघटनाक्रमपरतीखीप्रतिक्रियादीहै. अकालीदलकाआरोपहैकिआमआदमीपार्टीसमयकेसाथअपनापक्षबदलरहीहै. पार्टीनेताओंकाकहनाहैकिपहलेवीडियोकोकृत्रिमतकनीकसेतैयारबतायागयाऔरअबनयातर्कसामनेलायाजारहाहै. अकालीदलकादावाहैकियदिजांचमेंवीडियोकीप्रामाणिकतास्थापितहोचुकीहैतोफिरसरकारऔरसत्तारूढ़दलकोस्पष्टजवाबदेनाचाहिए. विपक्षीदलोंकाकहनाहैकिपूरेमामलेनेपंजाबकीराजनीतिमेंगंभीरसवालखड़ेकरदिएहैं. राजनीतिकविश्लेषकोंकामाननाहैकियहविवादकेवलएकवीडियोयारिकॉर्डिंगतकसीमितनहींरहगयाहै. इसकेपीछेधार्मिकसंस्थाओंकीभूमिका, राजनीतिकजवाबदेहीऔरसार्वजनिकजीवनमेंनैतिकताजैसेकईव्यापकप्रश्नजुड़ेहुएहैं. पंजाबकीराजनीतिमेंअकालतख्तकाऐतिहासिकऔरसामाजिकप्रभावअत्यंतमहत्वपूर्णमानाजाताहै. ऐसेमेंउसकेसाथकिसीभीप्रकारकाटकरावराजनीतिकरूपसेसंवेदनशीलविषयबनजाताहै. इसविवादकेबीचविभिन्नसामाजिकऔरधार्मिकसंगठनोंनेसंयमबरतनेकीअपीलकीहै. उनकाकहनाहैकिकिसीभीनिष्कर्षपरपहुंचनेसेपहलेसभीतथ्योंऔरजांचरिपोर्टोंकोसार्वजनिककियाजानाचाहिए. साथहीधार्मिकभावनाओंसेजुड़ेमामलोंमेंराजनीतिकलाभ-हानिकीबजायपारदर्शिताऔरसंवेदनशीलताकोप्राथमिकतादीजानीचाहिए. वर्तमानस्थितिमेंरिकॉर्डिंगनेविवादकोशांतकरनेकेबजायऔरअधिकचर्चाकाविषयबनादियाहै. एकपक्षइसेमुख्यमंत्रीकेदावोंकीपुष्टिबतारहाहै, जबकिदूसरापक्षइसेनएसवालोंकोजन्मदेनेवालाघटनाक्रममानरहाहै. आनेवालेदिनोंमेंजांचरिपोर्टों, राजनीतिकप्रतिक्रियाओंऔरधार्मिकसंस्थाओंकेरुखपरसभीकीनजरेंटिकीरहेंगी. पंजाबकीराजनीतिमेंयहघटनाक्रमइसलिएभीमहत्वपूर्णमानाजारहाहैक्योंकिइसमेंसरकार, विपक्षऔरएकप्रमुखधार्मिकसंस्थातीनोंआमने-सामनेदिखाईदेरहेहैं. रिकॉर्डिंगकेसार्वजनिकहोनेकेबादविवादकादायराऔरबढ़गयाहैतथाअबयहकेवलएकवीडियोकीसत्यताकामामलानहीं, बल्किविश्वास, जवाबदेहीऔरराजनीतिकविश्वसनीयताकीपरीक्षाबनताजारहाहै.
आरबीआई एमपीसी मिनट्स की बैठक में बताया गया कि अर्थव्यवस्था के मजबूत आधार ने की भारत की मदद
मुंबई, आरबीआई की ओर से शुक्रवार को मौद्रिक नीति कमेटी की बैठक के मिनट्स जारी किए गए। इसमें बताया गया कि अर्थव्यवस्था के मजबूत आधार ने देश की पश्चिम एशिया संकट से निपटने में मदद की है।
इटली रवाना हुई उत्तराखंड की प्रीमियम लीची, किसानो को होगा मुनाफा
नई दिल्ली, मोदी सरकार किसानों की आय बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। इसकी क्रम में अब उत्तराखंड की प्रीमियम लीची की पहली खेप को देहरादून से इटली के रवाना किया है।
पीएममोदीकीप्रेसकॉन्फ्रेंसपरछात्रनेपूछासवाल, तेजस्वीसूर्यानेबतायाक्योंहैंप्रेसकॉन्फ्रेंसगैरजरूरी
बेंगलुरु। प्रधानमंत्रीनरेंद्रमोदीद्वारापिछलेएकदशकसेअधिकसमयसेखुलीप्रेसकॉन्फ्रेंसनहींकरनेकेमुद्देपरभारतीयजनतापार्टीकेसांसदतेजस्वीसूर्याकाएकबयानराजनीतिकऔरसामाजिकहलकोंमेंचर्चाकाविषयबनगयाहै।एककॉलेजकार्यक्रमकेदौरानछात्रद्वारापूछेगएसवालकेजवाबमेंसूर्यानेकहाकिआजकेडिजिटलयुगमेंपारंपरिकप्रेसकॉन्फ्रेंसकीउपयोगितापहलेजैसीनहींरहगईहै, क्योंकिसोशलमीडियाऔरडिजिटलमाध्यमोंनेजनप्रतिनिधियोंकोसीधेजनतासेसंवादकरनेकाअवसरउपलब्धकरादियाहै।उनकेइसजवाबकावीडियोसोशलमीडियापरतेजीसेवायरलहोरहाहैऔरइसेलेकरविभिन्नराजनीतिकप्रतिक्रियाएंभीसामनेआरहीहैं। यहघटनाक्रमबेंगलुरुकेएककॉलेजमेंआयोजितसंवादकार्यक्रमकेदौरानसामनेआया, जहांछात्रोंकोविभिन्नसमसामयिकविषयोंपरसवालपूछनेकाअवसरदियागयाथा।इसीदौरानएकछात्रनेसांसदतेजस्वीसूर्यासेसवालकियाकिभारतदुनियाकासबसेबड़ालोकतंत्रहै, लेकिनप्रधानमंत्रीनरेंद्रमोदीनेपिछलेदसवर्षोंसेअधिकसमयमेंकोईखुलीप्रेसकॉन्फ्रेंसनहींकीहै।ऐसेमेंइसविषयपरउनकाक्यादृष्टिकोणहै। छात्रकेसवालकोसुननेकेबादतेजस्वीसूर्यानेपहलेउसेएकमहत्वपूर्णऔरअच्छासवालबताया।इसकेबादउन्होंनेकहाकिजिसप्रकारदुनियातेजीसेबदलरहीहै, उसीतरहसंवादकेतरीकेभीबदलरहेहैं।उन्होंनेतर्कदियाकिआजकेसमयमेंसोशलमीडिया, डिजिटलप्लेटफॉर्मऔरप्रत्यक्षसंवादकेअनेकमाध्यमउपलब्धहैं, जिनकेजरिएकोईभीनेतासीधेजनतातकअपनीबातपहुंचासकताहै।उनकेअनुसारप्रेसकॉन्फ्रेंसकापारंपरिकस्वरूपउसदौरकीआवश्यकताथा, जबसंवादकेविकल्पसीमितहुआकरतेथे। सूर्यानेकहाकिप्रधानमंत्रीसंवादनहींकररहेहैं, ऐसाकहनाउचितनहींहोगा, क्योंकिप्रधानमंत्रीविभिन्नमाध्यमोंसेप्रतिदिनदेशवासियोंतकअपनीबातपहुंचातेहैं।उन्होंनेकहाकिआजतकनीकनेसंचारकीप्रकृतिकोपूरीतरहबदलदियाहैऔरजनतासीधेअपनेनेताओंसेजुड़सकतीहै।ऐसेमेंप्रेसकॉन्फ्रेंसकोसंवादकाएकमात्रमाध्यममाननावर्तमानसमयकीवास्तविकताओंसेमेलनहींखाता। हालांकिउनकेइसबयानकेबादराजनीतिकबहसतेजहोगईहै।विपक्षीदललंबेसमयसेप्रधानमंत्रीनरेंद्रमोदीद्वाराखुलीप्रेसकॉन्फ्रेंसनहींकिएजानेकामुद्दाउठातेरहेहैं।विपक्षकातर्कहैकिलोकतांत्रिकव्यवस्थामेंप्रेसकॉन्फ्रेंसजवाबदेहीकाएकमहत्वपूर्णमाध्यमहै, जहांपत्रकारसरकारऔरप्रधानमंत्रीसेसीधेसवालपूछसकतेहैं।वहींभारतीयजनतापार्टीकाकहनाहैकिप्रधानमंत्रीविभिन्नमंचों, साक्षात्कारों, जनसभाओं, डिजिटलमाध्यमोंऔर‘मनकीबात’ जैसेकार्यक्रमोंकेजरिएलगातारजनतासेसंवादकरतेहैं। सूर्याकेबयानकावीडियोसोशलमीडियापरसामनेआनेकेबादकांग्रेसकीराष्ट्रीयप्रवक्तासुप्रियाश्रीनेतसहितकईविपक्षीनेताओंनेइसपरप्रतिक्रियादी।कांग्रेसनेताओंनेछात्रकेसवालकोलोकतंत्रऔरजवाबदेहीसेजुड़ाविषयबतातेहुएकहाकिजनताकेप्रश्नोंकासामनाकरनाकिसीभीलोकतांत्रिकनेतृत्वकीजिम्मेदारीहोतीहै।वहींभाजपासमर्थकोंनेसूर्याकेतर्कोंकासमर्थनकरतेहुएकहाकिडिजिटलयुगमेंसंवादकेस्वरूपमेंव्यापकबदलावआयाहैऔरजनतातकसीधेपहुंचनेकेकईनएमाध्यमविकसितहुएहैं। राजनीतिकविश्लेषकोंकामाननाहैकियहबहसकेवलप्रधानमंत्रीकीप्रेसकॉन्फ्रेंसतकसीमितनहींहै, बल्कियहआधुनिकलोकतंत्रमेंराजनीतिकसंवादकेबदलतेस्वरूपसेभीजुड़ीहुईहै।एकओरपारंपरिकमीडियासंस्थानोंकीभूमिकाहै, तोदूसरीओरसोशलमीडियाऔरडिजिटलप्लेटफॉर्मकेजरिएनेताओंऔरजनताकेबीचसीधासंपर्कस्थापितहोरहाहै।ऐसेमेंयहप्रश्नलगातारउठतारहाहैकिक्यानएसंचारमाध्यमपारंपरिकप्रेसकॉन्फ्रेंसकास्थानलेसकतेहैंयाफिरदोनोंकीअपनी-अपनीअलगभूमिकाहै। प्रधानमंत्रीनरेंद्रमोदीकेकार्यकालमेंप्रेसकॉन्फ्रेंसकामुद्दासमय-समयपरचर्चामेंआतारहाहै।प्रधानमंत्रीनेकईराष्ट्रीयऔरअंतरराष्ट्रीयमीडियासंस्थानोंकोसाक्षात्कारदिएहैं, लेकिनपत्रकारोंकेसाथखुलाप्रश्नोत्तरसत्रबहुतकमदेखनेकोमिलाहै।वर्ष 2019 केलोकसभाचुनावकेदौरानआयोजितएकप्रेसवार्तामेंभीअधिकतरसवालोंकेजवाबतत्कालीनभाजपाअध्यक्षअमितशाहनेदिएथे।इसकेबादभीविपक्षलगातारयहप्रश्नउठातारहाहैकिप्रधानमंत्रीकोनियमितरूपसेपत्रकारोंकेसवालोंकासामनाकरनाचाहिए। हालकेमहीनोंमेंविदेशदौरोंकेदौरानभीयहमुद्दाचर्चामेंरहा।अंतरराष्ट्रीयमंचोंपरकुछविदेशीपत्रकारोंद्वाराभीप्रधानमंत्रीसेप्रेसकॉन्फ्रेंसकोलेकरसवालपूछेगएथे।हालांकिसरकारकापक्षरहाहैकिसभीकार्यक्रमोंकाप्रारूपअलग-अलगहोताहैऔरहरसार्वजनिकआयोजनकोखुलीप्रेसकॉन्फ्रेंसनहींमानाजासकता। इसीबीचकॉलेजकार्यक्रममेंछात्रऔरसांसदकेबीचहुआयहसंवादएकबारफिरराष्ट्रीयबहसकाविषयबनगयाहै।जहांएकपक्षइसेलोकतांत्रिकजवाबदेहीसेजोड़करदेखरहाहै, वहींदूसरापक्षइसेबदलतेसमयऔरआधुनिकसंचारव्यवस्थाकेसंदर्भमेंसमझनेकीबातकररहाहै।फिलहालसोशलमीडियापरयहवीडियोव्यापकरूपसेसाझाकियाजारहाहैऔरइसपरराजनीतिक, सामाजिकतथाशैक्षणिकवर्गोंमेंचर्चाजारीहै।आनेवालेदिनोंमेंयहबहसऔरतेजहोसकतीहैकिलोकतंत्रमेंजनताऔरसत्ताकेबीचसंवादकासबसेप्रभावीमाध्यमक्याहोनाचाहिएतथाआधुनिकतकनीककेदौरमेंपारंपरिकप्रेसकॉन्फ्रेंसकीभूमिकाकितनीप्रासंगिकबनीहुईहै।
बीएफएसआई थीमैटिक फंड्स ने किया बेहतर प्रदर्शन
मुंबई, बैंकिंग, वित्तीय सेवाएं और बीमा (बीएफएसआई) थीमैटिक फंड्स ने मई महीने में म्यूचुअल फंड निवेश जगत में सबसे अच्छा प्रदर्शन किया। इन फंड्स ने 5.5 प्रतिशत का रिटर्न दिया और इनमें 1,013 करोड़ रुपए का निवेश आया।
अमेरिका-ईरान शांति समझौते की उम्मीद से शेयर बाजार में खुशहाली
मुंबई, अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौते को लेकर बढ़ी उम्मीदों तथा ब्रेंट क्रूड की कीमतों में गिरावट के कारण निवेशकों का भरोसा मजबूत हुआ।
आखिरकार जर्मनी में भी पिछड़ गया नगद भुगतान
कई दशकों तक जर्मनी में भुगतान का राजा रहा नगद अब पिछड़ गया है. डेबिट कार्ड और मोबाइल फोन से डिजिटल भुगतान की सुविधा ने अब सबको अपना मुरीद बना लिया है
अरुणाचल में धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम पर क्यों बढ़ रहा है विवाद
पूर्वोत्तर राज्य अरुणाचल प्रदेश में फ्रीडम आफ रिलीजन एक्ट यानी धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम लागू करने के लिए गठित उच्चाधिकार समिति ने सरकार को अपनी अंतिम रिपोर्ट सौंप दी है
दिल्ली के मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 74 सरकारी डॉक्टरों के तबादले की सिफारिश की
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शुक्रवार को उपराज्यपाल टीएस संधू से 74 सरकारी डॉक्टरों के तबादले की सिफारिश की। इनमें वे 39 डॉक्टर भी शामिल हैं जो 5 साल से ज्यादा समय से तिहाड़ और मंडोली जेलों में तैनात हैं। यह कदम स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए उठाया गया है।
'शेर अकेला चलता है', 'ऑपरेशन तुड़वा' की धमकियों पर एकनाथ शिंदे का पलटवार
महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम और शिवसेना प्रमुख एकनाथ शिंदे ने पार्टी के 60वें स्थापना दिवस समारोह में उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना (यूबीटी) पर निशाना साधा।
अकाली दल ने मान पर अकाल तख्त की मर्यादा को चुनौती देने का लगाया आरोप, बोले- सीएम रहने योग्य नहीं
शिरोमणि अकाली दल (एसएडी) की कार्यकारिणी समिति ने शुक्रवार को पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान की आलोचना करते हुए कहा कि वह सार्वजनिक मंचों पर अकाल तख्त के अधिकार को चुनौती दे रहे हैं
अगर शिवसैनिक पद छोड़ने को कहेंगे तो मैं इस्तीफा दे दूंगा: उद्धव ठाकरे
मुंबई में उद्धव ठाकरे ने शुक्रवार को शिवसेना की 60वीं वर्षगांठ के अवसर पर पार्टी के भीतर चल रहे तीव्र मतभेदों पर संबोधन किया
अरविंद केजरीवाल ने नीट पुनर्परीक्षा देने वाले छात्रों को दीं शुभकामनाएं
नीट पुनर्परीक्षा में शामिल होने वाले छात्रों का उत्साह बढ़ाते हुए आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने सभी परीक्षार्थियों को शुभकामनाएं दी हैं
पंजाब: सीएम मान ने 61.82 करोड़ रुपए की धुस्सी बांध परियोजना की आधारशिला रखी
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने शुक्रवार को जालंधर जिले में 61.82 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाली 37.93 किलोमीटर लंबी धुस्सी बांध लिंक रोड परियोजना की आधारशिला रखी
दोनों पक्षों को लगना चाहिए कि वे जीत गए, तभी अमेरिका-ईरान समझौता टिक पाएगा : शशि थरूर
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा कि अमेरिका-ईरान शांति समझौते के टिके रहने के लिए दोनों पक्षों को यह महसूस होना चाहिए कि वे जीत गए हैं
पवन कल्याण ने तेलंगाना में तेज की जन सेना की राजनीतिक यात्रा, खोला प्रदेश कार्यालय
जन सेना पार्टी ने तेलंगाना में अपना प्रदेश कार्यालय खोला। इस अवसर पर पार्टी के अध्यक्ष और आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण ने घोषणा की कि जन सेना तेलंगाना में अपनी राजनीतिक यात्रा को तेज करेगी।
दोहरा मापदंड अपनाना ठीक नहीं: संजय निषाद
उत्तर प्रदेश के कानपुर देहात में मोदी सरकार के 12 साल पूरे होने के मौके पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें राज्य सरकार में मंत्री संजय निषाद शामिल हुए
ओमप्रकाश राजभर के बयान को सपा गंभीरता से नहीं लेती, पहले वह अपनी पार्टी बचाएं : फखरुल हसन चांद
उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर बयानबाजी का दौर तेज हो गया है। प्रदेश सरकार में मंत्री ओमप्रकाश राजभर और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के कुछ नेताओं द्वारा समाजवादी पार्टी (सपा) में संभावित टूट और कई सांसदों के संपर्क में होने के दावों पर सपा ने तीखी प्रतिक्रिया दी है।
'12 साल विश्वास, विकास और जनकल्याण' अभियान की होगी शुरुआत: राखी राठौड़
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यकाल के 12 साल पूरे होने के मौके पर प्रदेश में ‘12 साल विश्वास, विकास और जनकल्याण के’ नामक अभियान की शुरुआत की गई है
टीसीएस का शेयर रिकॉर्ड में जोरदार गिरावट
नई दिल्ली, आईटी फर्म एक्सेंचर की ओर से कारोबार को लेकर सर्तक आउटलुक के बाद भारतीय आईटी कंपनियों में शुक्रवार को जोरदार गिरावट देखने को मिली है।
भारतीय शेयर बाजार में गिरावट का दौर, आईटी शेयरो में जारी रही बिकवाली
मुंबई, भारतीय शेयर बाजार शुक्रवार के कारोबारी सत्र में लाल निशान में बंद हुआ। दिन के अंत में सेंसेक्स 607.08 अंक या 0.78 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 76,802.90 और निफ्टी 154.90 अंक या 0.64 प्रतिशत की गिरावट के साथ 24,013.10 पर था।
सरकार ने कहा भारत में कोयला गैसीकरण परियोजनाओं पर चल रहा काम
नई दिल्ली, एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, भारत में 65,000 करोड़ रुपए से अधिक की कोयला गैसीकरण परियोजनाओं पर वर्तमान में काम चल रहा है।
ग्रेट निकोबार परियोजना की पर्यावरण मंजूरी और पारदर्शिता पर जयराम रमेश ने उठाए सवाल
कांग्रेस महासचिव और पूर्व केंद्रीय पर्यावरण मंत्री जयराम रमेश ने शुक्रवार को केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव को पत्र लिखकर परियोजना से जुड़े पर्यावरणीय प्रभाव आकलन (ईआईए) और निगरानी प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए हैं।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) ने अपने प्रस्तावित आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के लिए दाखिल ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (डीआरएचपी) में खुलासा किया है कि उसने एक व्यक्ति के डीमैट खाते में गलती से जमा हुए शेयरों को कथित रूप से अपने पास रखने और बेचने के मामले में पुलिस शिकायत दर्ज कराई थी।
भू-राजनीतिक तनाव में कमी आने से कीमती धातुओं में बड़ी गिरावट, सोना-चांदी 3 प्रतिशत तक फिसले
भू-राजनीतिक तनाव में कमी आने से सुरक्षित निवेश (सेफ हेवन) की मांग कमजोर होने से हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन शुक्रवार को लगातार तीसरे सत्र में सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई।
भारतीय शेयर बाजार में आयी गिरावट, लाल निशान में खुला बाजार
मुंबई, सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन शुक्रवार को भारतीय शेयर बाजार अपने लगातार पांच सत्रों की तेजी खोकर गिरावट के साथ लाल निशान में खुला।
देश में ईंधन सप्लाई को लेकर राहत, बीते 3 दिनों में 1.47 करोड़ एलपीजी सिलेंडर किए डिलीवर
नई दिल्ली, केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने गुरुवार को कहा कि वर्तमान में देश में ईंधन की आपूर्ति सामान्य बनी हुई है और बीते 3 दिनों में 1.47 करोड़ एलपीजी सिलेंडर की डिलीवरी हुई है।
राज्यसभा में NDA की बढ़ी ताकत: 27 में से 19 सीटों पर जीत, दो-तिहाई बहुमत के और करीब पहुंचा गठबंधन
राज्यसभा चुनाव में NDA ने 27 में से 19 सीटें जीतकर अपनी स्थिति मजबूत कर ली है। झारखंड में परिमल नथवानी की जीत के बाद NDA दो-तिहाई बहुमत के और करीब पहुंच गया है।
राहुल गांधी के 56वें जन्मदिन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दी शुभकामनाएं। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी उनके नेतृत्व और संवैधानिक मूल्यों के प्रति प्रतिबद्धता की सराहना की।
कर्नाटक MLC चुनाव में कांग्रेस ने सभी पांच सीटों पर जीत दर्ज कर भाजपा और जेडी(एस) को बड़ा झटका दिया। क्रॉस वोटिंग की चर्चाओं के बीच डीके शिवकुमार की रणनीति चर्चा में है।
UNHRC में भारत का पाकिस्तान पर तीखा हमला, कहा- आतंकवाद फैलाने वाला सहयोग की उम्मीद न करे
UNHRC में भारत ने पाकिस्तान को आतंकवाद और सिंधु जल समझौते के मुद्दे पर कड़ा जवाब दिया। भारत ने कहा कि आतंकवाद को बढ़ावा देने वाला देश सहयोग और सद्भावना की उम्मीद नहीं कर सकता।
झारखंडराज्यसभाचुनावमेंकांग्रेसकोबड़ाझटका, क्रॉसवोटिंगकेबीचएनडीएसमर्थितपरिमलनथवानीकीजीत
रांची. झारखंडराज्यसभाचुनावकेनतीजोंनेराज्यकीराजनीतिमेंनयासमीकरणखड़ाकरदियाहै. दोसीटोंकेलिएहुएचुनावमेंएनडीएसमर्थितनिर्दलीयउम्मीदवारपरिमलनथवानीनेअप्रत्याशितजीतदर्जकरकांग्रेसकोबड़ाराजनीतिकझटकादियाहै, जबकिझारखंडमुक्तिमोर्चा (झामुमो) केउम्मीदवारबैद्यनाथरामदूसरीसीटपरनिर्वाचितहुएहैं. चुनावपरिणामसामनेआतेहीकांग्रेसखेमेमेंहलचलबढ़गईहैऔरपार्टीनेताओंनेक्रॉसवोटिंगकीआशंकाजतातेहुएअपनीहीपंक्तियोंमेंअसंतोषऔरसंगठनात्मकचुनौतियोंकीओरसंकेतकियाहै. राज्यसभाकीदोसीटोंकेलिएइसबारमुकाबलात्रिकोणीयरहा. मैदानमेंझामुमोकेबैद्यनाथराम, कांग्रेसकेप्रणवझाऔरभाजपासमर्थितनिर्दलीयउम्मीदवारपरिमलनथवानीथे. मतदानकोलेकरपहलेसेहीराजनीतिकगलियारोंमेंक्रॉसवोटिंगकीचर्चाएंतेजथीं. मतदानसुबहनौबजेशुरूहुआऔरदोपहरबादतकचला. विधानसभाकेकुल 81 सदस्योंनेमतदानप्रक्रियामेंहिस्सालिया. मुख्यमंत्रीहेमंतसोरेन, विपक्षकेनेताबाबूलालमरांडी, कांग्रेसविधायकदलकेनेताप्रदीपयादव, संसदीयकार्यमंत्रीराधाकृष्णकिशोरसहितसभीप्रमुखनेताओंनेअपनेमताधिकारकाउपयोगकिया. मतगणनापूरीहोनेकेबादसामनेआएआंकड़ोंनेकईराजनीतिकविश्लेषकोंकोभीचौंकादिया. एनडीएसमर्थितपरिमलनथवानीको 28 वोटप्राप्तहुए, जबकिझामुमोउम्मीदवारबैद्यनाथरामको 30 मतमिले. कांग्रेसउम्मीदवारप्रणवझाअपेक्षितसमर्थनजुटानेमेंअसफलरहेऔरचुनावहारगए. चुनावमेंतीनमतअमान्यघोषितकिएगए, जिसनेभीपरिणामोंकोप्रभावितकिया. नतीजेसामनेआतेहीकांग्रेसनेताओंनेखुलेतौरपरक्रॉसवोटिंगकीसंभावनाजताई. पार्टीनेताओंकामाननाहैकियदिगठबंधनकेसभीविधायकनिर्धारितरणनीतिकेअनुसारमतदानकरते, तोपरिणामअलगहोसकतेथे. कांग्रेसकेभीतरइसबातकोलेकरमंथनशुरूहोगयाहैकिआखिरकिनपरिस्थितियोंमेंपार्टीउम्मीदवारकोअपेक्षितसमर्थननहींमिलपाया. राजनीतिकजानकारोंकामाननाहैकियहपरिणामकेवलएकचुनावीहारनहीं, बल्किझारखंडमेंकांग्रेसकीआंतरिकस्थितिऔरगठबंधनराजनीतिकीचुनौतियोंकोभीउजागरकरताहै. वहींएनडीएखेमेमेंजीतकेबादउत्साहकामाहौलदिखाईदिया. भाजपाविधायकप्रदीपप्रसादनेपरिणामकोविधायकोंकीअंतरात्माकीआवाज काफैसलाबतातेहुएकहाकिकईविधायकोंनेराजनीतिकदबावसेऊपरउठकरमतदानकिया. उन्होंनेदावाकियाकियहपरिणामराज्यकीराजनीतिमेंबदलावकासंकेतहैऔरइससेविपक्षीगठबंधनकीएकजुटतापरगंभीरसवालखड़ेहुएहैं. परिमलनथवानीकीजीतकोइसलिएभीमहत्वपूर्णमानाजारहाहैक्योंकिवेनिर्दलीयउम्मीदवारकेरूपमेंमैदानमेंथे, लेकिनउन्हेंएनडीएकापूरासमर्थनप्राप्तथा. दूसरीओरझामुमोउम्मीदवारबैद्यनाथरामकीजीतनेसत्तारूढ़दलकीस्थितिकोमजबूतकियाहै, हालांकिकांग्रेसउम्मीदवारकीहारनेगठबंधनकेभीतरसंतुलनऔरसमन्वयकोलेकरनईबहसछेड़दीहै. राजनीतिकविश्लेषकोंकामाननाहैकिराज्यसभाचुनावकेयेनतीजेआनेवालेविधानसभाऔरलोकसभाचुनावोंसेपहलेझारखंडकीराजनीतिपरदूरगामीप्रभावडालसकतेहैं. कांग्रेसकेलिएयहपरिणामआत्ममंथनकाअवसरबनगयाहै, जबकिएनडीएइसेअपनीरणनीतिकसफलताकेरूपमेंप्रस्तुतकररहाहै. अबसबसेबड़ासवालयहीहैकिक्यावास्तवमेंक्रॉसवोटिंगहुईयाफिरराजनीतिकगणितमेंकोईऐसीचूकहुईजिसनेकांग्रेसकोहारकेमुहानेपरपहुंचादिया. फिलहालझारखंडकीराजनीतिमेंराज्यसभाचुनावकेपरिणामचर्चाकासबसेबड़ाविषयबनेहुएहैं. कांग्रेसहारकेकारणोंकीतलाशमेंजुटगईहै, जबकिएनडीएऔरझामुमोअपने-अपनेतरीकेसेइसजीतकोराजनीतिकसंदेशकेरूपमेंप्रस्तुतकररहेहैं. आनेवालेदिनोंमेंइसचुनावकेप्रभावऔरइसकेपीछेकीराजनीतिककहानीपरसबकीनजरेंटिकीरहेंगी.
टाटा मोटर्स ने बढ़ाए कमर्शियल वाहनों के दाम
नई दिल्ली, टाटा मोटर्स कमर्शियल व्हीकल्स (टीएमसीवी) ने अपने कमर्शियल वाहनों की कीमतों में 2.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी कर दी है।
उद्धवठाकरेकोबड़ाझटका! छहसांसदोंकीबगावतसेहिलीशिवसेना, 50 करोड़केआरोपोंसेमचासियासीभूचाल
मुंबई. महाराष्ट्रकीराजनीतिमेंएकबारफिरबड़ाभूचालआनेकेसंकेतदिखाईदेरहेहैं. चारवर्षपहलेएकनाथशिंदेकीअगुवाईमेंहुईबगावतसेटूटचुकीशिवसेनाअबएकऔरबड़ेराजनीतिकसंकटकासामनाकरतीनजरआरहीहै. उद्धवठाकरेकेनेतृत्ववालीशिवसेना (उद्धवबालासाहेबठाकरे) केनौलोकसभासांसदोंमेंसेछहसांसदोंकेअलगगुटबनानेऔरएकनाथशिंदेकेनेतृत्ववालीशिवसेनाकेसाथजानेकीचर्चाओंनेराज्यकीराजनीतिकोगर्मादियाहै. यदियहघटनाक्रमवास्तविकरूपलेताहैतोयहकेवलउद्धवठाकरेकेलिएहीनहीं, बल्किमहाराष्ट्रकीराजनीतिऔरराष्ट्रीयजनतांत्रिकगठबंधनकीसंसदीयताकतकेलिएभीमहत्वपूर्णसाबितहोगा. दिल्लीमेंगुरुवारकोइसघटनाक्रमनेउससमयऔरअधिकगंभीररूपलेलियाजबशिवसेना (उद्धवगुट) द्वाराबुलाईगईसंसदीयदलकीबैठकमेंकथितरूपसेबगावतकरनेवालेछहसांसदशामिलनहींहुए. उनकीअनुपस्थितिनेराजनीतिकगलियारोंमेंचलरहीअटकलोंकोऔरबलदिया. बतायाजारहाहैकिइनसांसदोंनेलोकसभाअध्यक्षओमबिरलाकोपत्रसौंपकरअलगसमूहकेरूपमेंमान्यतादेनेकीमांगकीहै. दूसरीओर, उद्धवगुटकेवरिष्ठनेताओंअरविंदसावंत, अनिलदेसाईऔरसंजयराउतनेलोकसभाअध्यक्षसेमुलाकातकरकिसीभीअलगगुटकोमान्यतानहींदेनेकाआग्रहकियाहै. इसपूरेविवादकेबीचशिवसेना (उद्धवगुट) केवरिष्ठनेतासंजयराउतनेबेहदगंभीरआरोपलगाएहैं. उन्होंनेदावाकियाकिपार्टीकेसांसदोंकोतोड़नेकेलिएबड़ेपैमानेपरधनबलकाउपयोगकियाजारहाहै. राउतकेअनुसारकुछसांसदोंकोकरोड़ोंरुपयेकीपेशकशकीगईऔरउन्हेंविशेषविमानोंकेमाध्यमसेविभिन्नस्थानोंसेलेजायागया. उन्होंनेआरोपलगायाकिसांसदोंकोपहले 15-15 करोड़रुपयेदिएगएऔरबादमेंयहदावाभीकियाकिएकसांसदकी“न्यूनतमसमर्थनकीमत” 50 करोड़रुपयेतकपहुंचगईहै. संजयराउतनेसामाजिकमाध्यमोंपरभीतीखीप्रतिक्रियाव्यक्तकरतेहुएकहाकिजिननेताओंकेपासकभीसामान्ययात्राकेसाधनतकनहींथे, वेआजनिजीविमानोंमेंसफरकररहेहैं. उन्होंनेव्यंग्यात्मकअंदाजमेंकहाकियहसबठाकरेनामऔरशिवसेनाकेराजनीतिकब्रांडकीवजहसेसंभवहुआहै. राउतकेइनआरोपोंनेपूरेघटनाक्रमकोऔरअधिकविवादास्पदबनादियाहै. हालांकिआरोपोंकीस्वतंत्रपुष्टिनहींहोसकीहैऔरदूसरीओरसेइनदावोंपरअभीतककोईठोसप्रतिक्रियासामनेनहींआईहै. राजनीतिकविश्लेषकोंकामाननाहैकियहघटनाक्रमवर्ष 2022 कीउसबगावतकीयाददिलाताहैजबएकनाथशिंदेकेनेतृत्वमेंबड़ीसंख्यामेंविधायकउद्धवठाकरेकासाथछोड़करअलगहोगएथे. उसविद्रोहकेकारणमहाविकासअघाड़ीसरकारकापतनहुआथाऔरशिवसेनादोहिस्सोंमेंबंटगईथी. अबयदिसांसदोंकायहसंभावितविभाजनभीवास्तविकतामेंबदलताहैतोयहउद्धवठाकरेकेलिएचारवर्षोंमेंदूसराबड़ाराजनीतिकझटकाहोगा. जिनछहसांसदोंकेनामइससंभावितराजनीतिकघटनाक्रमकेकेंद्रमेंबताएजारहेहैं, उनमेंधाराशिवसेसांसदओमराजेनिंबालकरप्रमुखहैं. मराठवाड़ाक्षेत्रकेप्रभावशालीनेतामानेजानेवालेनिंबालकरलंबेसमयतकउद्धवठाकरेकेविश्वस्तनेताओंमेंगिनेजातेरहेहैं. हालकेदिनोंमेंउनकीकुछबैठकोंसेअनुपस्थितिनेअटकलोंकोजन्मदियाहै. मुंबईउत्तर-पूर्वसेसांसदसंजयदीनापाटिलकानामभीचर्चामेंहै. वेपहलेराष्ट्रवादीकांग्रेसपार्टीसेजुड़ेरहेऔरबादमेंअविभाजितशिवसेनामेंशामिलहुएथे. मुंबईकीराजनीतिमेंउनकामहत्वपूर्णप्रभावमानाजाताहैऔरउनकाराजनीतिकपरिवारलंबेसमयसेसार्वजनिकजीवनमेंसक्रियरहाहै. परभणीसेलगातारतीनबारलोकसभाचुनावजीतनेवालेसंजयजाधवभीसंभावितबागीसांसदोंमेंशामिलबताएजारहेहैं. मराठवाड़ाक्षेत्रमेंउनकीमजबूतपकड़मानीजातीहैऔरवेलंबेसमयतकउद्धवठाकरेकेकरीबीनेताओंमेंगिनेजातेरहेहैं. यवतमाल-वाशिमसेसांसदसंजयदेशमुखकाराजनीतिकप्रभावविदर्भक्षेत्रमेंकाफीमहत्वपूर्णमानाजाताहै. वेपहलेनिर्दलीयविधायकरहचुकेहैंऔरमहाराष्ट्रसरकारमेंमंत्रीपदभीसंभालचुकेहैं. संगठनात्मकस्तरपरउनकीपकड़कोदेखतेहुएउनकाकोईभीराजनीतिकनिर्णयविशेषमहत्वरखताहै. हिंगोलीसेसांसदनागेशपाटिलआष्टीकरपहलीबारलोकसभापहुंचेहैं, लेकिनक्षेत्रमेंउनकीपहचानएकजमीनीनेताकेरूपमेंरहीहै. पार्टीनेतृत्वकीहालियाबैठकोंसेउनकीदूरीनेराजनीतिकचर्चाओंकोऔरतेजकरदियाहै. शिर्डीसेसांसदभाऊसाहेबवाकचौरेकानामभीइससंभावितसमूहमेंलियाजारहाहै. वेदोबारसांसदरहचुकेहैंऔरक्षेत्रमेंउनकाअपनाराजनीतिकआधारमानाजाताहै. यदियेछहसांसदऔपचारिकरूपसेअलगहोजातेहैंतोलोकसभामेंशिवसेना (उद्धवगुट) कीसंख्यानौसेघटकरकेवलतीनरहजाएगी. ऐसेमेंअरविंदसावंत, अनिलदेसाईऔरराजाभाऊवाजेहीपार्टीकाप्रतिनिधित्वकरतेदिखाईदेंगे. दूसरीओर, एकनाथशिंदेकीस्थितिऔरमजबूतहोगीतथाशिवसेनाकीविरासतपरउनकादावाभीराजनीतिकरूपसेअधिकप्रभावशालीबनसकताहै. महाराष्ट्रकीराजनीतिमेंयहघटनाक्रमकेवलसंख्याकाखेलनहींहै, बल्किनेतृत्व, संगठनऔरराजनीतिकभविष्यकीलड़ाईभीहै. आगामीवर्षोंमेंहोनेवालेचुनावोंकोदेखतेहुएयहसंघर्षऔरअधिकमहत्वपूर्णहोजाताहै. उद्धवठाकरेकेसामनेअबसबसेबड़ीचुनौतीअपनेसंगठनकोएकजुटरखनेऔरकार्यकर्ताओंकेमनोबलकोबनाएरखनेकीहै. वहींएकनाथशिंदेकेलिएयहअवसरअपनेराजनीतिकप्रभावकोऔरव्यापकबनानेकामानाजारहाहै. फिलहालपूरेदेशकीनजरेंइसबातपरटिकीहैंकिलोकसभाअध्यक्षकेसमक्षप्रस्तुतदावोंपरक्यानिर्णयहोताहैऔरक्यावास्तवमेंछहसांसदउद्धवठाकरेकासाथछोड़करनयाराजनीतिकरास्ताचुनतेहैं. यदिऐसाहोताहैतोमहाराष्ट्रकीराजनीतिमेंएकऔरबड़ेअध्यायकीशुरुआतहोगी, जिसकेप्रभावआनेवालेवर्षोंतकमहसूसकिएजासकतेहैं.
2027 के वित्त वर्ष में ग्रामीण सड़कों के निर्माण को मिलेगा बढ़ावा
नई दिल्ली, केंद्र सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 में ग्रामीण सड़क संपर्क को और मजबूत बनाने के लिए बड़ा कदम उठाया है।
अमेरिकी फेड के फैसले के बाद भारतीय शेयर बाजार की फ्लैट शुरुआत, सेंसेक्स-निफ्टी में मामूली गिरावट
अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा सख्त रुख अपनाने के बाद वैश्विक शेयर बाजारों में गिरावट के बीच भारतीय शेयर बाजार ने गुरुवार के सत्र में कारोबार की शुरुआत फ्लैट की। इस दौरान निफ्टी50 और सेंसेक्स में मामूली गिरावट दर्ज की गई।
कीमती धातुओं पर अमेरिकी फेड के फैसले का असर, सिल्वर 2.5 प्रतिशत से ज्यादा टूटा
मुंबई, अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौते पर हस्ताक्षर होने और फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दर को अपरिवर्तित रखने के बाद गुरुवार के कारोबारी सत्र में मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर सोने-चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट देखने को मिली।
भविष्य की सैन्य ताकत के लिए भारत का स्वदेशी ड्रोन पर जोर
भारत अपने अब तक के सबसे बड़े सैन्य ड्रोन ऑर्डर की तैयारी कर रहा है जिसकी कीमत दो अरब डॉलर से अधिक है. उम्मीद है कि इससे देश की अपनी ड्रोन युद्ध क्षमता बेहतर होगी
राम मंदिर चंदा विवाद में संत समाज के साथ खड़ी है कांग्रेस: कुमारी शैलजा
उत्तराखंड में आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए कांग्रेस ने अपनी संगठनात्मक गतिविधियों को तेज कर दिया है
आंध्र प्रदेश : वाईएसआरसीपी ने एसआईआर के दौरान मतदाता सूची से नाम हटाने का आरोप लगाया
वाईएसआर कांग्रेस पार्टी ने आरोप लगाया है कि आंध्र प्रदेश में मतदाता सूची संशोधन (एसआईआर) का दुरुपयोग बड़े पैमाने पर मतदाता नाम हटाने के लिए किया जा रहा है।
हिमाचल प्रदेश: किशाऊ बांध परियोजना पर समझौते के लिए भाजपा सांसद ने पीएम मोदी का जताया आभार
हिमाचल प्रदेश में किशाऊ बहुउद्देशीय बांध परियोजना को लेकर हुए ऐतिहासिक समझौते का स्वागत करते हुए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राज्यसभा सांसद हर्ष महाजन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का आभार जताया।
गुजरात: बीजे मेडिकल कॉलेज में रैगिंग की शिकायत पर तीन निलंबित
अहमदाबाद के बीजे मेडिकल कॉलेज में रैगिंग विरोधी जांच में तीन द्वितीय वर्ष के रेजिडेंट डॉक्टरों को छह महीने से एक वर्ष तक के लिए निलंबित कर दिया गया है
हार को स्वीकार करने की आदत डालें विपक्ष, बहाने बनाने से कुछ नहीं होगा: चिराग पासवान
केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (राम विलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान ने कई राजनीतिक मुद्दों पर अपनी प्रतिक्रिया दी
'इतिहास से सीखें,' पंजाब भाजपा प्रमुख ने सीएम भगवंत मान को सलाह दी
पंजाब भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों ने मुख्यमंत्री भगवंत मान को इतिहास से सीख लेने की सलाह दी और उन्हें याद दिलाया कि शेर-ए-पंजाब महाराजा रणजीत सिंह भी अकाल तख्त के सामने झुके थे।
'जनादेश स्वीकार करने ही एक सच्चे नेता की पहचान', शांभवी चौधरी का ममता बनर्जी पर तंज
लोक जनशक्ति पार्टी (आर) की सांसद शांभवी चौधरी ने तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की प्रमुख ममता बनर्जी की ओर से भवानीपुर सीट से उपचुनाव की मांग को सिरे से खारिज कर दिया।
पार्टी में टूट की खबरें पूरी तरह भ्रामक, हमारे नौ सांसद एकजुट : संजय राउत
शिवसेना (यूबीटी) नेता संजय राउत ने हाल ही में पार्टी में कथित टूट और असंतोष की खबरों पर प्रतिक्रिया देते हुए स्पष्ट किया कि फिलहाल पार्टी के भीतर नौ सांसद लोकसभा में सक्रिय हैं और किसी तरह के बड़े विभाजन की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
भारत और यूके व्यापार समझौता 15 जुलाई से लागू, भारतीय निर्यात और पेशेवरों को बड़ा फायदा
भारत और यूनाइटेड किंगडम (यूके) ने घोषणा करते हुए जानकारी दी कि कॉम्प्रिहेन्सिव इकोनॉमिक एंड ट्रेड एग्रीमेंट (सीईटीए) 15 जुलाई से लागू होगा
‘हमारी लड़ाई आज से शुरू’: कोटा में राहुल गांधी का ऐलान
लोकसभा में विपक्ष के नेता (एलओपी) राहुल गांधी ने बुधवार को कोटा के दशहरा मैदान में 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम के दौरान छात्रों से बातचीत की।
हमने एक मस्जिद खोई, अब दूसरी और तीसरी नहीं खो सकते : शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी
ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने कथावाचक रामभद्राचार्य के बयान पर पलटवार किया
ऑपरेशनटाइगरसेउद्धवठाकरेकोबड़ाझटका, छहसांसदोंकीबगावतसेबदलसकतेहैंसियासीसमीकरण
मुंबई. महाराष्ट्रकीराजनीतिमेंएकबारफिरबड़ासियासीघटनाक्रमआकारलेतादिखाईदेरहाहै. शिवसेना (उद्धवबालासाहेबठाकरे) केछहसांसदोंद्वाराअलगसंसदीयसमूहबनानेकीसंभावनाओंनेराज्यकीराजनीतिमेंहलचलतेजकरदीहै. राजनीतिकगलियारोंमेंइसे‘ऑपरेशनटाइगर’ कानामदियाजारहाहै. मानाजारहाहैकियदियहप्रयाससफलहोताहैतोयहकेवलउद्धवठाकरेकेलिएएकऔरबड़ाझटकानहींहोगा, बल्किमहाराष्ट्रऔरराष्ट्रीयराजनीतिकेशक्तिसंतुलनपरभीइसकाव्यापकप्रभावपड़सकताहै. राजनीतिकसूत्रोंकेअनुसारयहघटनाक्रमअचानकनहींहुआहै. पिछलेकईमहीनोंसेअसंतुष्टसांसदोंऔरमुख्यमंत्रीएकनाथशिंदेकेनेतृत्ववालीशिवसेनाकेबीचसंपर्कबनाएजानेकीचर्चाचलरहीथी. मुंबईऔरदिल्लीमेंकईदौरकीबैठकोंतथाराजनीतिकबातचीतकेबादअबयहमामलानिर्णायकमोड़परपहुंचतादिखाईदेरहाहै. हालांकिउद्धवठाकरेगुटलगातारपार्टीमेंकिसीप्रकारकीटूटकीसंभावनासेइनकारकरतारहा, लेकिनहालकेदिनोंमेंबढ़ीराजनीतिकगतिविधियोंनेइनअटकलोंकोऔरमजबूतकरदियाहै. विश्लेषकोंकामाननाहैकिपूरेघटनाक्रमकासमयबेहदमहत्वपूर्णहै. 19 जूनकोशिवसेनाकास्थापनादिवसहैऔरइसवर्षपार्टीअपनेगठनके 60 वर्षपूरेकररहीहै. यदिइसीअवधिमेंबागीसांसदऔपचारिकरूपसेएकनाथशिंदेकेनेतृत्ववालेगुटकेसाथआतेहैं, तोइसकाप्रतीकात्मकऔरराजनीतिकमहत्वकाफीबढ़जाएगा. राजनीतिकपर्यवेक्षकोंकेअनुसारयहकदमशिवसेनाकीविरासतपरशिंदेगुटकेदावेकोऔरमजबूतकरसकताहै. वर्ष 2022 मेंएकनाथशिंदेकेनेतृत्वमेंहुएविद्रोहनेशिवसेनाकेविधायीदलकोविभाजितकरदियाथा. उसघटनाक्रमनेमहाराष्ट्रकीराजनीतिकीदिशाबदलदीथीऔरउद्धवठाकरेसरकारकापतनहुआथा. अबयदिसंसदीयस्तरपरभीबड़ीटूटहोतीहै, तोयहउद्धवठाकरेकेनेतृत्वऔरसंगठनात्मकनियंत्रणपरनएसवालखड़ेकरसकतीहै. इसघटनाक्रमकेराष्ट्रीयराजनीतिकप्रभावभीमहत्वपूर्णमानेजारहेहैं. संसदकेआगामीमानसूनसत्रसेपहलेयदिछहसांसदशिंदेगुटकेसाथआतेहैं, तोराष्ट्रीयजनतांत्रिकगठबंधनकीलोकसभामेंप्रभावीसंख्याबढ़सकतीहै. राजनीतिकविश्लेषकोंकामाननाहैकिकेंद्रकीसत्तारूढ़गठबंधनसरकारभविष्यकीमहत्वपूर्णविधायीऔरसंवैधानिकपहलोंकोध्यानमेंरखतेहुएअपनेसंसदीयसमर्थनकोऔरमजबूतकरनाचाहतीहै. राजनीतिकचर्चाओंमेंयहभीकहाजारहाहैकिमहिलाओंकेलिएआरक्षणऔरपरिसीमनजैसेमहत्वपूर्णमुद्देआनेवालेसमयमेंसंसदकेएजेंडेमेंशामिलहोसकतेहैं. ऐसेमेंलोकसभामेंअतिरिक्तसमर्थनसत्तारूढ़गठबंधनकीस्थितिकोऔरमजबूतकरसकताहै. हालांकिसरकारकीओरसेइससंबंधमेंकोईआधिकारिकघोषणानहींकीगईहै. एकनाथशिंदेकेलिएयहघटनाक्रमकईस्तरोंपरलाभकारीमानाजारहाहै. वर्तमानमेंलोकसभामेंउनकेगुटकेसातसांसदहैं. यदिछहऔरसांसदउनकेसाथआतेहैंतोयहसंख्याबढ़कर 13 होसकतीहै. इससेनकेवलराष्ट्रीयस्तरपरउनकीराजनीतिकताकतबढ़ेगी, बल्किकेंद्रसरकारमेंउनकीपार्टीकीहिस्सेदारीऔरप्रभावभीमजबूतहोसकताहै. महाराष्ट्रकीमहायुतिसरकारकेभीतरभीइससेशक्तिसंतुलनप्रभावितहोसकताहै. अधिकसांसदोंकेसाथशिंदेगुटगठबंधनमेंऔरप्रभावशालीभूमिकानिभानेकीस्थितिमेंआसकताहै. राजनीतिकविश्लेषकोंकामाननाहैकिइससेशिंदेकीराष्ट्रीयपहचानऔरराजनीतिकमहत्वाकांक्षाओंकोभीनईमजबूतीमिलेगी. दूसरीओरउद्धवठाकरेकेसामनेचुनौतीऔरकठिनहोतीदिखाईदेरहीहै. वर्ष 2022 केविभाजनकेबादउन्होंनेजनसंपर्कअभियानों, समर्थकोंकीसहानुभूतिऔरआक्रामकविपक्षीराजनीतिकेसहारेअपनीराजनीतिकप्रासंगिकताबनाएरखीथी. लेकिनयदिसंसदीयस्तरपरभीबड़ीटूटहोतीहै, तोइससेउनकीपार्टीकीराष्ट्रीयउपस्थितिऔरविपक्षीगठबंधनमेंप्रभावदोनोंकमजोरपड़सकतेहैं. स्थितिकीगंभीरताकोदेखतेहुएशिवसेना (यूबीटी) केसंसदीयनेताअरविंदसावंतनेलोकसभाअध्यक्षकोपत्रलिखकरआग्रहकियाहैकिकिसीभीनएसमूहकोमान्यतादेनेसेपहलेपार्टीकापक्षसुनाजाए. इससेस्पष्टहैकिपार्टीनेतृत्वइससंभावितसंकटकोलेकरसतर्कहै. राजनीतिकजानकारोंकामाननाहैकि‘ऑपरेशनटाइगर’ केवलछहसांसदोंकेपालाबदलनेकीकहानीनहींहै. इसकेकेंद्रमेंशिवसेनाकीविरासत, उद्धवठाकरेकानेतृत्व, एकनाथशिंदेकीबढ़तीराजनीतिकताकत, राष्ट्रीयजनतांत्रिकगठबंधनकीसंसदीयरणनीतिऔरमहाराष्ट्रकीबदलतीसत्तासंरचनाजैसेकईबड़ेमुद्देजुड़ेहुएहैं. फिलहालराजनीतिकहलकोंमेंनिगाहेंआनेवालेदिनोंकीघटनाओंपरटिकीहैं. यदियहअभियानअपनेतार्किकनिष्कर्षतकपहुंचताहै, तोइसेकेवलशिवसेनामेंएकऔरविभाजनकेरूपमेंनहीं, बल्किमहाराष्ट्रऔरराष्ट्रीयराजनीतिकोप्रभावितकरनेवालीबड़ीराजनीतिकघटनाकेरूपमेंयादकियाजासकताहै.
बंगालकीसियासतमेंभूचाल, पूर्वमंत्रीउदयनगुहागिरफ्तार, अभिषेकबनर्जीपरभ्रष्टाचारकेदोनएमामलेदर्ज
कोलकाता. पश्चिमबंगालकीराजनीतिमेंबुधवारकोबड़ाघटनाक्रमदेखनेकोमिला, जबतृणमूलकांग्रेसकेवरिष्ठनेताऔरराज्यसरकारकेपूर्वमंत्रीउदयनगुहाकोएककथितधोखाधड़ीमामलेमेंगिरफ्तारकरलियागया. वहींतृणमूलकांग्रेसकेराष्ट्रीयमहासचिवअभिषेकबनर्जीकेखिलाफभीभ्रष्टाचारसेजुड़ेदोनएमामलेदर्जकिएगएहैं. इनघटनाक्रमोंकेबादराज्यकीराजनीतिमेंहलचलतेजहोगईहैऔरसत्तारूढ़दलपरदबावबढ़तादिखाईदेरहाहै. पुलिसअधिकारियोंकेअनुसारउदयनगुहाकोबुधवारसुबहकोलकातास्थितउनकेआवाससेहिरासतमेंलियागयाऔरबादमेंगिरफ्तारकरलियागया. उन्हेंआगेकीपूछताछऔरजांचकेलिएकूचबिहारलेजायागया. पुलिसकाकहनाहैकिगिरफ्तारीएकधोखाधड़ीसंबंधीमामलेमेंकीगईहै, जिसकीजांचपहलेसेचलरहीथी. उदयनगुहापूर्वमुख्यमंत्रीममताबनर्जीकीसरकारमेंमंत्रीरहचुकेहैं. उनकीगिरफ्तारीकेसाथहीवेपूर्वसरकारकेचौथेऐसेमंत्रीबनगएहैंजिन्हेंविभिन्नमामलोंमेंगिरफ्तारकियागयाहै. इससेपहलेसुजीतबोस, उज्ज्वलविश्वासऔरदिलीपमंडलभीअलग-अलगमामलोंमेंकानूनप्रवर्तनएजेंसियोंकीकार्रवाईकासामनाकरचुकेहैं. मामलेकीशिकायतदिनहाटाकेएकव्यवसायीरूपमसाहानेदर्जकराईथी. शिकायतकर्ताकाआरोपहैकिनवजातशिशुओंकेलिएअस्पतालमेंविशेषसुविधास्थापितकरनेकेनामपरकईलोगोंसेधनएकत्रकियागयाथा. आरोपहैकिएकत्रकीगईराशिनिर्धारितउद्देश्यकेलिएउपयोगनहींकीगई. रूपमसाहानेदावाकियाकिउनसेपहले 50 हजाररुपयेकीमांगकीगईथी, बादमेंराशि 25 हजाररुपयेकरदीगई. उन्होंनेआरोपलगायाकिभुगतानकरनेकेबावजूदउन्हेंकेवल 10 हजाररुपयेकीरसीददीगईऔरपूरीरसीदमांगनेपरधमकायाभीगया. गिरफ्तारीकेबादउदयनगुहानेमीडियाकेसवालोंकाकोईजवाबनहींदिया. पुलिसअधिकारियोंकाकहनाहैकिमामलेसेजुड़ेसभीतथ्योंकीजांचकीजारहीहैऔरआवश्यकदस्तावेजोंकीपड़तालभीकीजाएगी. इसीबीचतृणमूलकांग्रेसकेराष्ट्रीयमहासचिवअभिषेकबनर्जीकीकानूनीमुश्किलेंभीबढ़गईहैं. उनकेखिलाफदोनएप्राथमिकीदर्जकीगईहैं. येदोनोंमामलेभारतीयजनतापार्टीकेनेताअभिजीतदासकीशिकायतोंकेआधारपरदर्जकिएगएहैं. अभिजीतदासपहलेडायमंडहार्बरलोकसभासीटसेचुनावलड़चुकेहैं. पहलामामलाकोलकाताकेनिकटजोकाक्षेत्रमेंसरकारीजमीनसेकथितरूपसेमिट्टीकीअवैधखुदाईऔरबिक्रीसेजुड़ाबतायाजारहाहै. यहमामलाकालीतला-आसूतिथानाक्षेत्रमेंदर्जकियागयाहै. दूसरामामलाबिश्नुपुरथानाक्षेत्रमेंदर्जहुआहै, जिसमेंवर्ष 2020 मेंआएअम्फानचक्रवातकेदौरानराहतकोषमेंकथितअनियमितताओंऔरधनकेदुरुपयोगकेआरोपलगाएगएहैं. अभिषेकबनर्जीहालकेदिनोंमेंकईजांचएजेंसियोंकेसमक्षपेशहोचुकेहैं. 14 और 16 जूनकोराज्यपुलिसकेआपराधिकजांचविभागनेउनसेअलग-अलगमामलोंमेंपूछताछकीथी. इनमेंकथितभड़काऊभाषणऔरहस्ताक्षरजालसाजीसेजुड़ेमामलेशामिलबताएगएहैं. इसकेअलावा 15 जूनकोप्रवर्तननिदेशालयनेभीउन्हेंराज्यकेसरकारीस्कूलोंमेंशिक्षकोंऔरगैर-शिक्षकीयकर्मचारियोंकीभर्तीमेंकथितअनियमितताओंसेजुड़ेमामलेमेंपूछताछकेलिएबुलायाथा. समाचारलिखेजानेतकअभिषेकबनर्जीकीओरसेइननएमामलोंपरकोईआधिकारिकप्रतिक्रियासामनेनहींआईथी. वहींतृणमूलकांग्रेसकीओरसेभीतत्कालकोईबयानजारीनहींकियागया. हालांकिराजनीतिकविश्लेषकोंकामाननाहैकिलगातारबढ़तीकानूनीचुनौतियांआनेवालेदिनोंमेंराज्यकीराजनीतिपरअसरडालसकतीहैं. उदयनगुहाकीगिरफ्तारीऔरअभिषेकबनर्जीकेखिलाफनएमामलोंकेदर्जहोनेसेपश्चिमबंगालकीराजनीतिमेंएकबारफिरआरोप-प्रत्यारोपकादौरतेजहोनेकेसंकेतमिलरहेहैं. अबसभीकीनजरजांचएजेंसियोंकीअगलीकार्रवाईऔरतृणमूलकांग्रेसकीआधिकारिकप्रतिक्रियापरटिकीहुईहै.
यूपीमेंयोगीबाबा, बंगालमेंशुभेंदुदादाऔरबिहारमेंसम्राट; अपराधियोंकोनेपालहीभागनापड़ेगा
पटना. बिहारकेमुख्यमंत्रीसम्राटचौधरीनेअपराधऔरकानून-व्यवस्थाकोलेकरबड़ाऔरतीखाबयानदियाहै. कहा, “अपराधियोंकेलिएबिहारमेंकोईजगहनहींहै. उन्हेंनेपालहीभागनाहोगा, क्योंकियूपीमेंयोगीबाबाबैठेहैं, पश्चिमबंगालमेंशुभेंदुअधिकारीदादाहैंऔरबिहारमेंसम्राटबैठाहै.” मुख्यमंत्रीकेइसबयानपरकार्यक्रमस्थलपरमौजूदलोगोंनेतालियांबजाकरप्रतिक्रियादी. वहींउनकेइसबयानकोलेकरराजनीतिकऔरसामाजिकहलकोंमेंभीचर्चाशुरूहोगईहै. मुख्यमंत्रीनेदावाकियाकिबिहारमेंअपराधियोंकेलिएअबकोईसुरक्षितजगहनहींबचीहैऔरयदिकोईअपराधीकार्रवाईसेबचनाचाहताहैतोउसेराज्यछोड़करनेपालभागनापड़ेगा. उनकेइसबयानकेबादराजनीतिकगलियारोंमेंचर्चातेजहोगईहै. अपनेसंबोधनमेंमुख्यमंत्रीसम्राटचौधरीनेकहाकिबिहारसरकारअपराधऔरअपराधियोंकेखिलाफजीरोटॉलरेंसकीनीतिपरकामकररहीहै. उन्होंनेकहाकिराज्यमेंकानूनकाराजस्थापितकरनासरकारकीसर्वोच्चप्राथमिकताओंमेंशामिलहैऔरइसीदिशामेंलगातारअभियानचलाएजारहेहैं. मुख्यमंत्रीनेकहाकिपुलिसऔरप्रशासनकोअपराधियोंकेखिलाफकड़ीकार्रवाईकरनेकीपूरीस्वतंत्रतादीगईहैतथाकिसीभीप्रकारकीआपराधिकगतिविधिकोबर्दाश्तनहींकियाजाएगा. मुख्यमंत्रीनेकहाकिराज्यसरकारअपराधनियंत्रणकोलेकरलगातारगंभीरप्रयासकररहीहै. संगठितअपराध, अवैधगतिविधियोंऔरकानूनव्यवस्थाकोचुनौतीदेनेवालेतत्वोंकेखिलाफविशेषअभियानचलाएजारहेहैं. उन्होंनेदावाकियाकिपुलिसलगातारअपराधियोंकीगिरफ्तारीकररहीहैऔरराज्यमेंअपराधकेमामलोंपरप्रभावीनियंत्रणस्थापितकरनेकेलिएव्यापकस्तरपरकार्रवाईकीजारहीहै. सम्राटचौधरीनेकहाकिसरकारकाउद्देश्यआमनागरिकोंकोसुरक्षितवातावरणउपलब्धकरानाहै. उन्होंनेकहाकिकानूनकाभयअपराधियोंमेंहोनाचाहिए, जबकिआमलोगोंकोसुरक्षाऔरविश्वासकामाहौलमिलनाचाहिए. मुख्यमंत्रीकेअनुसारराज्यमेंसुशासनऔरविकासकीयोजनाओंकोसफलबनानेकेलिएमजबूतकानून-व्यवस्थाआवश्यकहैऔरसरकारइसदिशामेंलगातारकार्यकररहीहै. अपनेसंबोधनकेदौरानमुख्यमंत्रीनेविपक्षपरभीनिशानासाधा. उन्होंनेआरोपलगायाकिकुछराजनीतिकदलऔरविपक्षीनेताबिहारकीकानून-व्यवस्थाकोलेकरगलततस्वीरपेशकरनेकाप्रयासकररहेहैं. मुख्यमंत्रीनेकहाकिवास्तविकस्थितियहहैकिअपराधियोंकेखिलाफलगातारकार्रवाईहोरहीहैऔरसरकारकिसीभीमामलेमेंढिलाईबरतनेकेपक्षमेंनहींहै. उन्होंनेकहाकिविपक्षकेआरोपोंकेबावजूदराज्यसरकारकानून-व्यवस्थाकोमजबूतकरनेऔरविकासकोगतिदेनेकेलिएप्रतिबद्धहै. मुख्यमंत्रीनेकहाकिबिहारमेंविकास, निवेशऔररोजगारकेअवसरबढ़ानेकेलिएसुरक्षितवातावरणजरूरीहै. इसलिएअपराधनियंत्रणऔरसुशासनदोनोंपरसमानरूपसेध्यानदियाजारहाहै. उन्होंनेविश्वासजतायाकिसरकारकीसख्तनीतिऔरप्रशासनिककार्रवाईकेकारणआनेवालेसमयमेंअपराधपरऔरप्रभावीनियंत्रणदेखनेकोमिलेगा. सम्राटचौधरीकायहबयानऐसेसमयमेंआयाहैजबकानून-व्यवस्थाऔरअपराधनियंत्रणकामुद्दाबिहारकीराजनीतिमेंलगातारचर्चाकाविषयबनाहुआहै. मुख्यमंत्रीकेइसबयानकोसरकारकीअपराधविरोधीनीतिकामजबूतसंदेशमानाजारहाहै, वहींविपक्षइसेलेकरराजनीतिकप्रतिक्रियादेनेकीतैयारीमेंभीजुटगयाहै.
कच्चे तेल की कीमते काम होने पर आईओसीएल, बीपीसीएल और एचपीसीएल के शेयरों में आई तेजी
मुंबई, वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में लगातार गिरावट और भू-राजनीतिक तनाव कम होने के संकेतों के बीच बुधवार को सरकारी तेल विपणन कंपनियों के शेयरों में अच्छी तेजी देखने को मिली।
एक्स डाउन: यूजर्स ने आउटेज की रिपोर्ट की, ऐप और वेबसाइट पर लॉगिन और फीड में आईं दिक्कतें
एलन मस्क के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) की सर्विस में बुधवार को रुकावट आई। सुबह करीब 8:30 बजे सर्विस ठप होने की सबसे अधिक शिकायतें मिलीं।
शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांक कर रहे सपाट कारोबार
मुंबई, कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट और अमेरिका-ईरान शांति समझौते को लेकर आशावाद के कारण घरेलू शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांक सपाट कारोबार करते दिखाई दिए।
फिर टूटेगी उद्धव ठाकरे की शिवसेना! सांसदों के पाला बदलने की अटकलें तेज, संजय राउत ने लगाया बड़ा आरोप
शिवसेना (यूबीटी) के कई सांसदों के संपर्क से बाहर होने और पाला बदलने की अटकलों के बीच महाराष्ट्र की राजनीति गरमा गई है। संजय राउत ने सांसदों की खरीद-फरोख्त को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं।
राम मंदिर चंदा विवाद के बीच सीएम योगी आदित्यनाथ 19 जून को अयोध्या का दौरा करेंगे
राम मंदिर चंदे में कथित गबन को लेकर चल रहे विवाद के बीच, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का 19 जून को अयोध्या का प्रस्तावित दौरा चर्चा का विषय बन गया है।
राजस्थान: भाजपा ने राहुल गांधी की कोटा यात्रा को बताया ‘राजनीतिक ड्रामा’
भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव सुनील बंसल ने मंगलवार को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के कोटा में छात्रों से प्रस्तावित संवाद को राजनीतिक ड्रामा करार दिया
सपा शासन में था जंगलराज, योगी सरकार ने सुधारी कानून-व्यवस्था : जगदंबिका पाल
उत्तर प्रदेश में माफिया के खिलाफ जारी कार्रवाई को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हालिया बयान का भाजपा सांसद जगदंबिका पाल ने समर्थन किया
पीयूष गोयल ने फ्रांस में किया यूपीआई लॉन्च, भारतीय पर्यटकों के लिए डिजिटल भुगतान हुआ आसान
केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने फ्रांस के नीस शहर में मशहूर गैलरीज लाफायेट में यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) लॉन्च किया
मंत्री अनिल कुमार का अखिलेश यादव से सवाल, सपा की सरकार में कितनी आईआईटी खुली थीं
उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री अनिल कुमार ने कहा कि राज्य सरकार पारदर्शिता, विकास और सुशासन के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने श्रीराम मंदिर के चढ़ावा विवाद के बाद एसआईटी के गठन को स्वागतयोग्य बताया है।
किशाऊ परियोजना से हिमाचल को हर साल मिलेगी 100 करोड़ यूनिट बिजली: सीएम सुक्खू
हिमाचल प्रदेश सरकार का कहना है कि वर्षों से लंबित किशाऊ बहु उद्देशीय बांध परियोजना को लेकर बड़ी सफलता मिली है
दिल्ली-राजस्थान को मिलेगा अतिरिक्त पानी, किशाऊ परियोजना पर राज्यों के बीच बनी सहमति
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में नई दिल्ली में हुई एक महत्वपूर्ण बैठक में यमुना के पुनर्जीवीकरण के बारे में वर्षों से लंबित 'किशाऊ बहु-उद्देशीय बांध परियोजना' पर संबंधित राज्यों में सहमति बन गई
हल्दीघाटी का युद्ध देशभक्ति का एक जीता-जागता प्रतीक है : लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि मेवाड़ की पवित्र धरती ने पूरी दुनिया को साहस, वीरता और स्वाभिमान का संदेश दिया है।
राम मंदिर दान चोरी पर प्रियंका चतुर्वेदी बोलीं, ये भगवान राम के नाम पर सबसे बड़ा पाप
शिवसेना (यूबीटी) की नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने राम दान चोरी मामले में गठित एसआईटी जांच को लेकर भाजपा पर निशाना साधा
आंध्र प्रदेश की गृह मंत्री अनीता बोलीं, सरकार इसे सबसे सुरक्षित राज्य बनाने के लिए प्रतिबद्ध
आंध्र प्रदेश की गृह और आपदा प्रबंधन मंत्री वांगलापुड़ी अनीता ने मंगलवार को कहा कि राज्य सरकार सार्वजनिक भागीदारी, पुलिस–जन सहयोग, तकनीक के उपयोग, पारदर्शी प्रशासन, तेज प्रतिक्रिया और सख्त कानून व्यवस्था के माध्यम से आंध्र प्रदेश को देश का सबसे सुरक्षित राज्य बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।
‘ऑपरेशन टाइगर’ का धमाका! उद्धव गुट में बगावत की आहट
महाराष्ट्र की राजनीति में एक बार फिर बड़ा उलटफेर होने की आहट है। सूत्रों के मुताबिक, शिवसेना (UBT) के 9 सांसदों में से 6 सांसद दिल्ली पहुंच चुके हैं और बुधवार (17 जून) को लोकसभा स्पीकर से मुलाकात कर सकते हैं
बीजेपीमेंबड़ेबदलावकीउल्टीगिनतीशुरू, नईटीमऔरराज्यपालोंकीसूचीपरलगसकतीमुहर
नईदिल्ली. भारतीयजनतापार्टीमेंबड़ेसंगठनात्मकऔरराजनीतिकबदलावोंकीतैयारियांअंतिमचरणमेंपहुंचगईहैं. रक्षामंत्रीराजनाथसिंहकेआवासपरभाजपाऔरराष्ट्रीयस्वयंसेवकसंघ (आरएसएस) केशीर्षनेताओंकीमैराथनबैठककेबादसंकेतमिलेहैंकिपार्टीअध्यक्षनितिननवीनकीनईकेंद्रीयटीमकाऐलानकभीभीकियाजासकताहै. सूत्रोंकेअनुसारप्रधानमंत्रीनरेंद्रमोदीकेजी-7 शिखरसम्मेलनसेलौटनेकेबादइसप्रक्रियाकोअंतिमरूपदियाजासकताहै. इसकेसाथहीकेंद्रसरकारऔरराज्यपालोंकेस्तरपरभीमहत्वपूर्णफेरबदलकीसंभावनाजताईजारहीहै. भाजपासूत्रोंकेमुताबिकरक्षामंत्रीराजनाथसिंहकेसरकारीआवासपरहुईइसमहत्वपूर्णबैठकमेंकेंद्रीयगृहमंत्रीअमितशाह, भाजपाअध्यक्षनितिननवीन, आरएसएसकेवरिष्ठपदाधिकारीअरुणकुमारऔरशिवप्रकाशसहितकईशीर्षनेतामौजूदरहे. बैठककरीबचारघंटेतकचलीऔरआधीरातकेबादसमाप्तहुई. राजनीतिकगलियारोंमेंइसबैठककोभाजपाकेआगामीसंगठनात्मकपुनर्गठनऔरव्यापकराजनीतिकरणनीतिसेजोड़करदेखाजारहाहै. सूत्रोंकाकहनाहैकिबैठकमेंकेवलसंगठनात्मकबदलावोंपरहीचर्चानहींहुई, बल्किसरकारऔरसंवैधानिकपदोंसेजुड़ेसंभावितफेरबदलपरभीविस्तारसेविचार-विमर्शकियागया. भाजपानेतृत्वआनेवालेचुनावीवर्षोंकोध्यानमेंरखतेहुएसंगठनऔरसरकारदोनोंस्तरोंपरनईरणनीतितैयारकररहाहै. पार्टीकेएकवरिष्ठसूत्रनेबतायाकिअधिकमासकीअवधि 15 जूनकोसमाप्तहोचुकीहै. परंपरागतरूपसेभाजपाऔरउससेजुड़ेकईसंगठनइसअवधिमेंबड़ेराजनीतिकयासंगठनात्मकफैसलोंसेबचतेहैं. ऐसेमेंअबसंगठनात्मकबदलावोंकीघोषणाकेलिएरास्तासाफहोगयाहै. हालांकियहभीसंभवहैकिप्रधानमंत्रीनरेंद्रमोदीके 19 जूनकोविदेशदौरेसेलौटनेकेबादहीअंतिमघोषणाएंकीजाएं. भाजपाअध्यक्षनितिननवीनकीनईटीमकोलेकरपार्टीकेभीतरलंबेसमयसेचर्चाचलरहीहै. मानाजारहाहैकिनईटीममें 11 राष्ट्रीयउपाध्यक्षऔरछहराष्ट्रीयमहासचिवोंकेपदोंपरमहत्वपूर्णबदलावदेखनेकोमिलसकतेहैं. पार्टीइसबारसंगठनमेंसामाजिकऔरक्षेत्रीयसंतुलनकोप्राथमिकतादेरहीहै. महिलाप्रतिनिधित्वबढ़ानेकेसाथ-साथविभिन्नजातीयसमूहोंकोभीपर्याप्तस्थानदिएजानेकीसंभावनाहै. सूत्रोंकेअनुसारभाजपानेतृत्वयुवाऔरअनुभवीनेताओंकेबीचसंतुलनबनानेकीरणनीतिपरकामकररहाहै. नईटीममेंऐसेनेताओंकोअवसरदियाजासकताहैजिन्होंनेसंगठनात्मकस्तरपरउल्लेखनीयकामकियाहै. साथहीकईवरिष्ठनेताओंकेअनुभवकाभीलाभउठानेकीयोजनाबनाईजारहीहै. आगामीविधानसभाचुनावोंकोदेखतेहुएभाजपाउनराज्योंकोभीविशेषमहत्वदेनेकीतैयारीमेंहैजहांअगलेवर्षचुनावहोनेहैं. गुजरात, उत्तरप्रदेशऔरउत्तराखंडजैसेराज्योंकेअलावाराजस्थान, मध्यप्रदेशऔरछत्तीसगढ़सेभीसंगठनमेंमहत्वपूर्णप्रतिनिधित्वदिएजानेकीसंभावनाजताईजारहीहै. पार्टीनेतृत्वचाहताहैकिचुनावीराज्योंकेप्रभावशालीनेताओंकोसंगठनमेंऐसीजिम्मेदारियांदीजाएंजोआगामीचुनावोंमेंलाभकारीसाबितहों. भाजपाकेकेंद्रीयसंगठनमेंपिछलेछहवर्षोंसेबड़ेबदलावनहींहुएहैं. जनवरी 2020 मेंजेपीनड्डाकेराष्ट्रीयअध्यक्षबननेकेबादगठितटीममेंअधिकांशपदाधिकारीअबतकअपनीजिम्मेदारियांनिभारहेहैं. ऐसेमेंनितिननवीनकेनेतृत्वमेंबननेवालीनईटीमकोभाजपासंगठनकेलिएएकनईशुरुआतकेरूपमेंदेखाजारहाहै. पार्टीनेहालकेदिनोंमेंकईनेताओंकीभूमिकाओंमेंबदलावकरसंकेतभीदिएहैंकिसंगठनात्मकपुनर्गठनकीप्रक्रियाशुरूहोचुकीहै. इसीमहीनेभाजपाकेराष्ट्रीयमहासचिवविनोदतावड़ेऔरतरुणचुघकोराज्यसभाभेजागयाहै. इनकेसाथराष्ट्रीयसचिवअलकागुर्जरऔरराजस्थानभाजपाकेपूर्वप्रदेशाध्यक्षसतीशपूनियाकोभीउच्चसदनमेंस्थानमिलाहै. दूसरीओरराष्ट्रीयमहासचिवडॉ. राधामोहनदासअग्रवालकोराज्यसभाकानयाकार्यकालनहींदियागयाहै. वहींकेंद्रीयराज्यमंत्रीरवनीतसिंहबिट्टूऔरजॉर्जकुरियनकाकार्यकाल 21 जूनकोसमाप्तहोनेजारहाहै. इसकेअलावाभाजपाकेवरिष्ठनेताऔरराष्ट्रीयमहासचिवअरुणसिंहभीनवंबरमेंराज्यसभासेसेवानिवृत्तहोनेवालेहैं. ऐसेमेंकईपदोंपरनएचेहरोंकेआनेकीसंभावनाबढ़गईहै. भाजपाकेभीतरयहभीचर्चाहैकिमौजूदाराष्ट्रीयमहासचिवोंमेंसेकुछनेताओंकोसरकारमेंजिम्मेदारीदीजासकतीहै. विनोदतावड़ेऔरतरुणचुघजैसेनेताओंकोसंगठनमेंउनकीप्रभावीभूमिकाऔरराजनीतिकप्रबंधनक्षमताकेलिएजानाजाताहै. ऐसेमेंयहदेखनादिलचस्पहोगाकिवेनईटीममेंबनेरहतेहैंयाफिरउन्हेंकेंद्रसरकारमेंमंत्रीपदजैसीनईजिम्मेदारीसौंपीजातीहै. सूत्रोंकायहभीकहनाहैकिपिछलेछहवर्षोंमेंसंगठनकेलिएकामकरनेवालेकईवरिष्ठनेताओंकोराज्यपालपदोंयाविभिन्नआयोगों, बोर्डोंऔरअर्ध-सरकारीसंस्थाओंमेंमहत्वपूर्णजिम्मेदारियांदेकरसम्मानितकियाजासकताहै. इसीकारणराज्यपालोंकेस्तरपरभीबड़ेफेरबदलकीचर्चाएंतेजहोगईहैं. भाजपानेतृत्वआगामीचुनावीचुनौतियोंकोध्यानमेंरखतेहुएसंगठनकोऔरअधिकचुस्त-दुरुस्तबनानाचाहताहै. पार्टीकाफोकसकेवलचुनावीसफलतातकसीमितनहींहै, बल्किदीर्घकालिकसंगठनात्मकविस्तारऔरनएनेतृत्वकोआगेलानेपरभीहै. यहीवजहहैकिनईटीममेंयुवाचेहरोंऔरअनुभवीनेताओंकामिश्रणदेखनेकोमिलसकताहै. सूत्रोंकेमुताबिकउत्तरप्रदेशसेराज्यसभाकीकरीबएकदर्जनसीटोंकाकार्यकालनवंबरमेंसमाप्तहोनेजारहाहै. ऐसेमेंजिनवरिष्ठनेताओंकोनईसंगठनात्मकटीममेंस्थाननहींमिलेगा, उन्हेंराज्यसभाकेमाध्यमसेसमायोजितकिएजानेकीसंभावनाभीजताईजारहीहै. इससेपार्टीनेतृत्वविभिन्नक्षेत्रोंऔरराज्योंकेनेताओंकोसंतुलिततरीकेसेअवसरदेनेकीरणनीतिपरकामकरसकेगा. राजनाथसिंहकेआवासपरहुईदेररातकीबैठककेबादभाजपाकेभीतरराजनीतिकहलचलतेजहोगईहै. पार्टीकार्यकर्ताओंऔरनेताओंकीनिगाहेंअबप्रधानमंत्रीनरेंद्रमोदीकीवापसीऔरउसकेबादहोनेवालीसंभावितघोषणाओंपरटिकीहुईहैं. मानाजारहाहैकिआनेवालेकुछदिनोंमेंभाजपासंगठन, केंद्रसरकारऔरराज्यपालोंकेस्तरपरऐसेफैसलेसामनेआसकतेहैंजोआगामीवर्षोंकीराजनीतिकीदिशातयकरनेमेंमहत्वपूर्णभूमिकानिभाएंगे.
भाजपामेंबड़ेसंगठनात्मकबदलावकीआहट, राजनाथसिंहकेआवासपरशाह-नड्डासमेतशीर्षनेताओंकीमैराथनबैठक
नईदिल्ली. भारतीयजनतापार्टीकेकेंद्रीयसंगठनमेंबड़ेफेरबदलकीअटकलोंकेबीचसोमवारकोराष्ट्रीयराजधानीदिल्लीमेंपार्टीकेशीर्षनेतृत्वकीएकअहमबैठकहुई. रक्षामंत्रीराजनाथसिंहकेसरकारीआवासपरआयोजितइसबैठकमेंकेंद्रीयगृहमंत्रीअमितशाह, भाजपाअध्यक्षनितिननवीन, केंद्रीयमंत्रीजेपीनड्डा, राष्ट्रीयमहासचिव (संगठन) बीएलसंतोषऔरराष्ट्रीयस्वयंसेवकसंघ (आरएसएस) केवरिष्ठपदाधिकारीशामिलहुए. करीबचारघंटेसेअधिकसमयतकचलीइसबैठककोभाजपाकेआगामीसंगठनात्मकपुनर्गठनऔरराजनीतिकरणनीतिसेजोड़करदेखाजारहाहै. सूत्रोंकेअनुसारबैठकमेंभाजपाऔरआरएसएसकेबीचसमन्वयकीमहत्वपूर्णजिम्मेदारीनिभानेवालेवरिष्ठपदाधिकारीअरुणकुमारभीमौजूदरहे. केंद्रीयशिक्षामंत्रीधर्मेंद्रप्रधाननेभीबैठकमेंभागलिया. हालांकिबैठककेएजेंडेकोलेकरभाजपाकीओरसेकोईआधिकारिकजानकारीसाझानहींकीगईहै, लेकिनराजनीतिकगलियारोंमेंइसेपार्टीकेकेंद्रीयसंगठनमेंसंभावितबदलावोंकीदिशामेंमहत्वपूर्णकदममानाजारहाहै. भाजपासूत्रोंकाकहनाहैकिबैठकमेंसंगठनात्मकढांचेकोमजबूतबनाने, केंद्रीयपदाधिकारियोंकीनईटीमकेगठन, आगामीचुनावीरणनीतिऔरराज्योंमेंसंगठनविस्तारजैसेविषयोंपरविस्तृतचर्चाहुई. मानाजारहाहैकिपार्टीनेतृत्वआगामीचुनावीचुनौतियोंकोध्यानमेंरखतेहुएसंगठनकोनईऊर्जाऔरदिशादेनेकीतैयारीकररहाहै. जानकारीकेअनुसारजनवरीमेंभाजपाअध्यक्षकादायित्वसंभालनेवालेनितिननवीनकेनेतृत्वमेंपार्टीकीनईकेंद्रीयटीमकागठनलगभगअंतिमचरणमेंपहुंचचुकाहै. ऐसेसंकेतमिलरहेहैंकिइसीमहीनेनईटीमकीघोषणाकीजासकतीहै. पार्टीनेतृत्वसंगठनमेंअनुभवऔरयुवानेतृत्वकेबीचबेहतरसंतुलनस्थापितकरनेपरविशेषध्यानदेरहाहै. सूत्रोंकेमुताबिकनईटीममेंकईनएचेहरोंकोअवसरमिलसकताहै. पार्टीसंगठनकोअधिकसक्रिय, प्रभावीऔरचुनावीदृष्टिसेमजबूतबनानेकेलिएविभिन्नराज्योंसेऐसेनेताओंकोजिम्मेदारीदेनेपरविचारकियाजारहाहै, जिन्होंनेसंगठनात्मकस्तरपरउल्लेखनीयकार्यकियाहै. इसकेसाथहीकुछऐसेनेताओंकोभीसंगठनमेंमहत्वपूर्णभूमिकासौंपीजासकतीहैजोवर्तमानमेंसरकारमेंविभिन्नजिम्मेदारियोंकानिर्वहनकररहेहैं. भाजपाकेभीतरलंबेसमयसेकेंद्रीयटीममेंबदलावकीचर्चाचलरहीहै. पार्टीनेतृत्वकामाननाहैकिलगातारबदलतेराजनीतिकपरिदृश्यऔरआगामीचुनावोंकोदेखतेहुएसंगठनात्मकढांचेकोसमय-समयपरनईदिशादेनाआवश्यकहै. इसीरणनीतिकेतहतसंगठनमेंनईजिम्मेदारियोंकाबंटवाराऔरकार्यशैलीमेंबदलावकिएजानेकीसंभावनाजताईजारहीहै. राजनीतिकविश्लेषकोंकामाननाहैकियहबैठककेवलपदाधिकारियोंकेचयनतकसीमितनहींथी, बल्किइसमेंआगामीवर्षोंकीराजनीतिकरणनीतिपरभीचर्चाहुईहोगी. भाजपाअगलेकुछवर्षोंमेंकईमहत्वपूर्णचुनावोंकासामनाकरनेजारहीहै. ऐसेमेंसंगठनकोमजबूतऔरचुस्त-दुरुस्तबनानापार्टीनेतृत्वकीप्राथमिकतामानाजारहाहै. बैठकमेंआरएसएसकेप्रतिनिधियोंकीमौजूदगीकोभीविशेषमहत्वदियाजारहाहै. भाजपाऔरसंघकेबीचसंगठनात्मकसमन्वयकोपार्टीकीताकतमानाजाताहै. ऐसेमेंकेंद्रीयसंगठनमेंहोनेवालेसंभावितबदलावोंकोलेकरसंघकीरायऔरसुझावभीमहत्वपूर्णमानेजारहेहैं. यहीकारणहैकिबैठकमेंभाजपाऔरआरएसएसदोनोंपक्षोंकेवरिष्ठपदाधिकारीमौजूदरहे. सूत्रोंकायहभीकहनाहैकिसंगठनात्मकफेरबदलकेसाथ-साथविभिन्नमोर्चों, प्रकोष्ठोंऔरविभागोंमेंभीबदलावकिएजासकतेहैं. पार्टीऐसेनेताओंकोजिम्मेदारीदेनाचाहतीहैजोजमीनीस्तरपरसंगठनकोमजबूतकरनेमेंसक्षमहोंऔरविभिन्नसामाजिकवर्गोंतकपार्टीकीपहुंचकोऔरव्यापकबनासकें. भाजपानेतृत्वकाफोकसकेवलचुनावीजीततकसीमितनहींहै, बल्किसंगठनकेदीर्घकालिकविस्तारपरभीहै. इसीवजहसेनईटीमकेगठनमेंक्षेत्रीयसंतुलन, सामाजिकप्रतिनिधित्वऔरराजनीतिकअनुभवजैसेकईपहलुओंकोध्यानमेंरखाजारहाहै. पार्टीचाहतीहैकिसंगठनमेंऐसेचेहरेसामनेआएंजोनएमतदाताओंऔरयुवाओंकेबीचप्रभावीसंवादस्थापितकरसकें. राजनीतिकहलकोंमेंयहचर्चाभीहैकिकुछवरिष्ठनेताओंकोसंगठनमेंबड़ीजिम्मेदारीदेकरउन्हेंचुनावीप्रबंधनऔररणनीतिककार्योंमेंलगायाजासकताहै. वहींकुछनएऔरयुवानेताओंकोराष्ट्रीयस्तरपरअवसरदेकरपार्टीभविष्यकेनेतृत्वकोभीतैयारकरनाचाहतीहै. हालांकिभाजपाकीओरसेअभीतककिसीभीसंभावितफेरबदलकीआधिकारिकपुष्टिनहींकीगईहै, लेकिनराजनाथसिंहकेआवासपरहुईइसलंबीऔरउच्चस्तरीयबैठकनेराजनीतिकचर्चाओंकोतेजकरदियाहै. पार्टीकार्यकर्ताओंऔरनेताओंकीनिगाहेंअबनईकेंद्रीयटीमकीघोषणापरटिकीहुईहैं. यदिआनेवालेदिनोंमेंभाजपाअपनीनईकेंद्रीयसंगठनात्मकटीमकीघोषणाकरतीहै, तोउसेआगामीचुनावीरणनीतिऔरसंगठनात्मकविस्तारकेदृष्टिकोणसेबेहदमहत्वपूर्णमानाजाएगा. फिलहालयहस्पष्टहैकिभाजपानेतृत्वसंगठनकोनएस्वरूपमेंढालनेऔरभविष्यकीराजनीतिकचुनौतियोंकेलिएतैयारकरनेकीदिशामेंसक्रियरूपसेकामकररहाहै.
जी-7 शिखर सम्मेलन में अमेरिका दिखा अलग थलग, दुनिया जता रही मोदी पर भरोसा
जी-7 शिखर सम्मेलन इस बार वैश्विक अर्थव्यवस्था, सुरक्षा और व्यापार का मंच नहीं बल्कि बदलती विश्व व्यवस्था का आईना प्रतीत हुआ। फ्रांस में आयोजित इस सम्मेलन में जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पहुंचे तो उनके सामने वह यूरोप खड़ा था जो अब आंख मूंदकर वॉशिंगटन के पीछे चलने को तैयार नहीं दिखता। लंबे समय तक टैरिफ की धमकियां, कूटनीतिक दबाव, सार्वजनिक अपमान और अचानक फैसलों का सामना करने के बाद अब यूरोपीय देशों ने यह मान लिया है कि ट्रंप बदलती अमेरिकी सोच का स्थायी चेहरा हैं। यही कारण है कि इस बार जी-7 सम्मेलन पर सबसे गहरी छाया अमेरिका और यूरोप के बीच बढ़ती दूरी की रही। देखा जाये तो ईरान युद्ध के बाद पैदा हुई वैश्विक बेचैनी ने इस सम्मेलन को और अधिक संवेदनशील बना दिया है। युद्धविराम की घोषणा के बावजूद तेल बाजारों में अस्थिरता बनी हुई है, महंगाई को लेकर चिंता गहरा रही है और दुनिया की अर्थव्यवस्था फिर अनिश्चितता के मोड में पहुंचती दिखाई दे रही है। ट्रंप इस सम्मेलन में यह साबित करने पहुंचे कि उनकी आक्रामक और टकराव वाली विदेश नीति परिणाम दे रही है। वह चाहते हैं कि दुनिया अमेरिकी प्राथमिकताओं को स्वीकार करे, चाहे मामला व्यापार का हो, कृत्रिम बुद्धिमत्ता का, सुरक्षा का या फिर चीन को घेरने की रणनीति का। लेकिन इस बार यूरोप का स्वर बदला हुआ है। वह अमेरिका के साथ तो रहना चाहता है, मगर उसकी हर बात पर सिर झुकाने को तैयार नहीं है। इसे भी पढ़ें: France पहुंचे PM Modi, G7 Summit में वैश्विक चुनौतियों पर दुनिया को दिखाएंगे रास्ता देखा जाये तो यूरोप के भीतर यह बदलाव अचानक नहीं आया। फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों वर्षों से यूरोप की रणनीतिक स्वायत्तता की वकालत करते रहे हैं। उनका तर्क साफ है कि यूरोप को अपनी सुरक्षा और अपने हितों की रक्षा के लिए हमेशा अमेरिका पर निर्भर नहीं रहना चाहिए। इस बार सम्मेलन की मेजबानी कर रहे मैक्रों ने साफ शब्दों में कह दिया है कि यह ऐसा समय है जब अमेरिकी, रूसी और चीनी नेतृत्व यूरोप के हितों के खिलाफ खड़ा दिखाई देता है। इसलिए यूरोप को अब जागना होगा और अपने हितों की रक्षा खुद करनी होगी। हालांकि मैक्रों की रणनीति केवल विरोध की नहीं है। उन्होंने ट्रंप के साथ निजी संबंध बनाए रखने की भी भरपूर कोशिश की है। कभी एफिल टावर पर भोज, कभी सैन्य परेड में विशेष सम्मान और कभी नोट्रे डेम कैथेड्रल के पुनरोद्धार समारोह में आमंत्रण देकर उन्होंने ट्रंप को साधने की कोशिश की है। लेकिन ईरान युद्ध और ग्रीनलैंड विवाद के बाद यूरोप में ट्रंप विरोध चरम पर पहुंच गया। एक समय तो हालात ऐसे बन गए थे कि यूरोपीय नेताओं को लगने लगा कि ट्रंप डेनमार्क के अधीन ग्रीनलैंड पर कब्जे के लिए अमेरिकी सेना भेज सकते हैं। यह केवल एक भू-राजनीतिक विवाद नहीं था, बल्कि उस भरोसे के टूटने का प्रतीक था जिस पर दशकों से अटलांटिक गठबंधन टिका हुआ था। दरअसल, ग्रीनलैंड प्रकरण ने यूरोप को यह सोचने पर मजबूर कर दिया कि कहीं नाटो की सबसे बड़ी सैन्य ताकत ही उसके लिए सबसे बड़ा खतरा न बन जाए। यही कारण है कि अब यूरोपीय देशों में यह बहस तेज हो गई है कि अगर अमेरिका हर वैश्विक संकट में नेतृत्व नहीं करता या करना नहीं चाहता, तो आगे की दुनिया कैसी होगी। इस चिंता ने नाटो और अटलांटिक गठबंधन की नींव तक को हिला दिया है। ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टारमर भी इस बार दबाव में दिखे। घरेलू राजनीति में चुनौती झेल रहे स्टारमर को ईरान पर अमेरिकी हमलों का समर्थन न करने के कारण ट्रंप की नाराजगी का सामना करना पड़ा। ट्रंप ने सार्वजनिक रूप से ब्रिटेन का मजाक उड़ाया और उसे असहयोगी तक कह दिया। नतीजा यह हुआ कि ब्रेक्जिट के बाद अमेरिका के और करीब जाने की कोशिश कर रहा ब्रिटेन अब फिर यूरोप की ओर झुकता दिखाई दे रहा है। इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी, जिन्हें कभी ट्रंप का स्वाभाविक सहयोगी माना जाता था, वह भी अब दूरी बनाती नजर आ रही हैं। जापान की प्रधानमंत्री सनाए ताकाइची इस सम्मेलन में पहली बार शामिल हुईं और उन्होंने अमेरिका, यूरोप तथा पश्चिम एशिया के बीच संवाद की कड़ी बनने की कोशिश की। साफ है कि दुनिया अब केवल अमेरिकी नेतृत्व पर निर्भर रहने की बजाय बहुध्रुवीय संतुलन की तरफ बढ़ रही है। देखा जाये तो ट्रंप की सबसे बड़ी चुनौती यह भी है कि वह निजी कूटनीति को सार्वजनिक तमाशे में बदल देते हैं। पिछले वर्ष नाटो प्रमुख मार्क रुटे के निजी संदेश सार्वजनिक कर उन्होंने यह दिखा दिया था कि यूरोपीय नेता निजी तौर पर अमेरिका के दबाव को स्वीकार करते हैं, भले ही सार्वजनिक मंचों पर विरोध का अभिनय करें। इस कारण अब यूरोपीय नेताओं के लिए संतुलन साधना और मुश्किल हो गया है। उन्हें अपने मतदाताओं को भी संतुष्ट रखना है और अमेरिका से रिश्ते भी नहीं बिगाड़ने हैं। इसी उथल पुथल के बीच भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी इस सम्मेलन में विशेष महत्व रखती है। जब पश्चिमी दुनिया भीतर से विभाजित दिखाई दे रही है, तब भारत एक ऐसे संतुलित और भरोसेमंद साझेदार के रूप में उभरा है जिस पर हर शक्ति केंद्र भरोसा करना चाहता है। मोदी ने रूस और अमेरिका दोनों से संबंध बनाए रखे, पश्चिम एशिया के संकटों में संतुलन साधा और ग्लोबल साउथ की आवाज को मजबूती से उठाया। यही वजह है कि आज दुनिया भारत को केवल एक बाजार नहीं, बल्कि स्थिर नेतृत्व वाली निर्णायक शक्ति के रूप में देख रही है। देखा जाये तो मोदी की कूटनीति की सबसे बड़ी ताकत यही है कि उन्होंने भारत को किसी एक खेमे में सीमित नहीं होने दिया। अमेरिका से रणनीतिक साझेदारी भी कायम रखी और रूस के साथ पुराने रिश्ते भी नहीं टूटने दिए। पश्चिम एशिया में भारत की स्वीकार्यता बनी रही और यूरोप के साथ आर्थिक तथा तकनीकी सहयोग भी लगातार बढ़ता गया। जी-7 जैसे मंचों पर मोदी की उपस्थिति इस बात का संकेत है कि बदलती विश्व व्यवस्था में भारत केंद्र में आ चुका है। जब दुनिया अविश्वास, टकराव और अनिश्चितता से जूझ रही है, तब भारत संवाद, संतुलन और स्थिरता का चेहरा बनकर उभरा है। यही प्रधानमंत्री मोदी की कूटनीतिक सफलता का सबसे बड़ा प्रमाण है। बहरहाल, जी-7 शिखर सम्मेलन 2026 की सबसे बड़ी उपलब्धि यह रही कि गहरे मतभेदों और पश्चिमी देशों के भीतर बढ़ती अविश्वास की राजनीति के बावजूद संवाद की प्रक्रिया टूटी नहीं। ईरान संकट के बाद वैश्विक अर्थव्यवस्था में पैदा हुए तनाव, तेल आपूर्ति को लेकर आशंकाओं और यूक्रेन युद्ध की लंबी खिंचती स्थिति के बीच सदस्य देशों ने कम से कम इस बात पर सहमति दिखाई कि बहुपक्षीय सहयोग को जिंदा रखना जरूरी है। सम्मेलन में कृत्रिम बुद्धिमत्ता, वैश्विक आर्थिक असंतुलन, आपूर्ति श्रृंखला, महत्वपूर्ण खनिजों की सुरक्षा और विकासशील देशों के कर्ज संकट जैसे मुद्दों पर साझा चर्चा आगे बढ़ी। यूरोप ने अपनी सामरिक स्वायत्तता का स्वर बुलंद किया, जबकि अमेरिका ने भी यह संकेत दिया कि यूरोपीय देशों को अपनी सुरक्षा जिम्मेदारियों में अधिक भागीदारी निभानी होगी। भारत, ब्राजील, केन्या और दक्षिण कोरिया जैसे देशों की भागीदारी ने यह भी स्पष्ट कर दिया कि ग्लोबल साउथ को अब नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विकासशील देशों की आकांक्षाओं को मजबूती से उठाकर भारत की वैश्विक भूमिका को और मजबूत किया। हालांकि सम्मेलन कई अहम मुद्दों पर ठोस नतीजे देने में विफल भी रहा। यूक्रेन युद्ध को लेकर कोई निर्णायक रोडमैप सामने नहीं आया, चीन को लेकर पश्चिमी देशों के भीतर मतभेद बने रहे और जलवायु परिवर्तन जैसे गंभीर विषय को जानबूझकर पीछे कर दिया गया ताकि अमेरिका और यूरोप के बीच टकराव नहीं बढ़े। ईरान समझौते पर भी स्पष्टता का अभाव रहा और ट्रंप की आक्रामक शैली के कारण साझा घोषणापत्र को लेकर एकजुटता कमजोर दिखाई दी। कुल मिलाकर यह सम्मेलन उपलब्धियों से अधिक बदलती विश्व राजनीति के अंतर्विरोधों का प्रतीक बनकर सामने आया, जहां संवाद तो जारी रहा लेकिन भरोसे का संकट अब भी गहराता दिखाई दिया। -नीरज कुमार दुबे
सार्वजनिक जीवन में विश्वास की पूंजी
विश्वास और भरोसा ही मनुष्य की सबसे बड़ी पूंजी है। सार्वजनिक जीवन में जन विश्वास गंवाने वाला व्यक्ति किसी योग्य नहीं रह जाता। हाल ही में भारतीय राजनीति में जन विश्वास से जुड़ी दो अहम घटनाएं घटित हुई। पहली घटना में एक नेता ने जन विश्वास की पूंजी खो दिया। वहीं दूसरी घटना में नेता ने जन विश्वास की पूंजी को सहेजा ही नहीं, बल्कि हर बीतते दिन के साथ उसमें वृद्धि भी की। पहली घटना 4 मई की है। इस दिन जन विश्वास खो चुकी तृणमूल कांग्रेस की अध्यक्ष एवं पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी शर्मनाक हार का सामना करना पड़ा। तृणमूल और ममता से नाराजगी का आलम यह था कि स्वयं ममता बनर्जी अपनी सीट हार गई। आज ममता बनर्जी और उनकी पार्टी की जो दुर्दशा हो रही है, उसकी जिम्मेदार कोई दूसरा नहीं बल्कि वह स्वयं और उनके कर्म ही हैं। इसे भी पढ़ें: Bengal में LoP पद पर संग्राम, विधानसभा Speaker के खिलाफ High Court पहुंचीं ममता बनर्जी तृणमूल कांग्रेस के विधायक और सांसद अपना अलग गुट बना चुके हैं। स्वतंत्र भारत के लोकतांत्रिक इतिहास में ऐसा कोई दूसरा उदाहरण मिलना मुश्किल है, जब किसी राजनीतिक दल का इतनी तेजी से विघटन हुआ हो। या किसी नेता की तथाकथित साख चुनाव हारने के चंद दिनों में ही औंधे मुंह गिरी हो। सत्ता गंवाने के बाद ममता बनर्जी को मंदिर जाने की याद आई। कालीबाड़ी दर्शन करने पहुंची ममता बनर्जी को लोगों ने पूरी तरह अनदेखा किया। डेढ दशक तक सूबे का मुख्यमंत्री रहने वाले नेता की जनता इस हद तक उपेक्षा करे, तो यह सिर्फ चुनावी हार नहीं, जनविश्वास के टूटने का संकेत होता है। तृणमूल कांग्रेस के कुशासन से आजिज जनता आज उसके नेताओं का अंडे, टमाटर, जूते और मार कुटाई से सत्कार कर रही है। तृणमूल के नेताओं को देखकर चोर-चोर के नारे लगाए जा रहे हैं। ये वो लोग है जो पिछले 15 वर्षों से तृणमूल नेताओं की तानाशाही, गुण्डागर्दी और अत्याचार चुपचाप सह रहे थे। तृणमूल नेताओं के प्रति जनता का व्यवहार उनके स्वाभाविक क्रोध, कुंठा, निराशा और हताशा का परिणाम है। ममता सरकार के डेढ़ दशक के शासन के दौरान राजनीतिक दलों के नेताओं व कार्यकर्ताओं की हत्या व अपहरण, पोलिंग एजेंटों की पिटाई, बमबाजी, गोलीबारी, बूथों में तोड़फोड़, वोटों की लूट, प्रत्याशियों व उनके परिवार के सदस्यों को धमकियां, ये सब बंगाल में आम बातें हो चुकीं थीं। भाजपा के अपने अनुमानों के अनुसार, 2021 में विधानसभा चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद हुई हिंसा में टीएमसी के गुंडों ने 300 से अधिक भाजपा कार्यकर्ताओं की हत्या की थी। तत्कालीन राज्यपाल जगदीप धनखड़ ने कानून व व्यवस्था के मुद्दे पर सरकार को कटघरे में खड़ा करते हुए कहा था कि, राज्य में लोकतंत्र सांस नहीं ले पा रहा है। मुख्यमंत्री और प्रशासन मूक दर्शक बने हुए हैं। दूसरी घटना 10 जून को घटित हुई। इस दिन नरेंद्र मोदी ने प्रधानमंत्री के रूप में 4,399 दिन पूरे किए, जो देश के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहर लाल नेहरू के निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में पूरे किए गए 4,398 दिन के कार्यकाल से ज्यादा है। इस तरह जनविश्वास, सुशासन और राष्ट्रहित के प्रति अटूट समर्पण का प्रतीक बनकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भारत के सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले निर्वाचित प्रधानमंत्री बन गए। यह सिर्फ रिकॉर्ड नहीं, 140 करोड़ भारतीयों के अटूट विश्वास की जीत है। 2014 में देश ने उत्साह और अटूट विश्वास के साथ नरेंद्र मोदी को अपना प्रधानमंत्री चुना था, लेकिन उन्होंने स्वयं को हमेशा एक प्रधानसेवक माना। इसी रूप में वे अपना राष्ट्रधर्म निभाते हुए विकसित भारत के निर्माण में जुटे हैं। ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास, सबका प्रयास’ के संकल्प के साथ उन्होंने समाज के हर वर्ग का विश्वास जीता है। उनके नेतृत्व में केंद्र सरकार की अनेक कल्याणकारी योजनाओं ने समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति को अधिकार, सम्मान और आत्मनिर्भरता का एहसास कराया है। विपक्ष के लगातार मिथ्या प्रचार, व्यक्तिगत हमलों, यहां तक की अपशब्द देने के बावजूद प्रधानमंत्री मोदी अहर्निशं जनसेवा में जुटे हैं। देश की जनता उन पर भरोसा करती है, जनता को विश्वास है मोदी के रहते उनका अहित नहीं होगा। इसलिए वो लगातार तीसरी बार उन्हें प्रधानमंत्री की कुर्सी सहर्ष सौंपती है। जब विश्वास टूटता है तो बड़े से बड़े नेता और व्यक्ति अर्श से फर्श पर आ जाता है। भारतीय राजनीति में इंदिरा गांधी का बड़ा कद था। लेकिन अपनी सत्ता बचाने के लिए 1975 को इमरजेंसी लगाने के बाद जनता का विश्वास इंदिरा गांधी से टूट गया। 1977 के आम चुनाव में कांग्रेस को ऐतिहासिक हार का मुंह देखना पड़ा। इंदिरा का घमंड चूर चूर हो गया, और देश में आजादी के बाद पहली बार गैर कांग्रेसी सरकार का गठन हुआ। उत्तर प्रदेश में बहुजन समाज पार्टी, समाजवादी पार्टी, उड़ीसा में बीजू जनता दल, दिल्ली में आम आदमी पार्टी तमाम ऐसे उदाहरण ऐसे हैं, जब जनता ने इन दलों पर विश्वास करके सत्ता के सिंहासन पर बैठाया। लेकिन जब ये नेता विश्वास और उम्मीदों पर खरे नहीं उतरे तो, जनता ने इन्हें इनको आसमान से जमीन पर पटकने में देरी नहीं की। तमिलनाडु में विश्वास ही तो खत्म हुआ होगा, तभी तो वहां की जनता ने सत्तारूढ़ डीएमके को हटाकर अभिनेता चंद्रशेखरन जोसेफ विजय की नयी नवेली पार्टी तमिलगा वेत्री कड़गम यानी टीवीके को सत्ता की कुंजी सौंप दी। वहीं कई ऐसे उदाहरण भी हैं, जहां विश्वास के चलते जनता ने बार बार जीत का आशीष दिया। गुजरात में बीते 31 और मध्य प्रदेश 21 साल से भाजपा की सरकार है। इतने लंबे समय तक विश्वास और सेवा किये बिना कोई नेता या दल सत्ता या लोगों के दिलों में नहीं रह सकता। किसी जमाने में हरियाणा में भाजपा कोई बड़ी शक्ति नहीं थी। बामुश्किल उसके दो या तीन विधायक ही जीतते थे। लेकिन विश्वास और जनसेवा की बदौलत ही पिछले 12 वर्षों से हरियाणा में भाजपा की सरकार सत्ता में है। उत्तर प्रदेश की राजनीति में मिथक था कि यहां कोई सरकार दोबारा रिपीट नहीं करती। 2017 में भाजपा को पूर्ण बहुमत की सरकार बनाने का अवसर मिला। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने कृतित्व एवं व्यक्तित्व से सरकार और शासन के प्रति जनता के विश्वास को लगातार बढ़ाने का काम किया। नतीजा उत्तर प्रदेश की राजनीति में 37 साल पुराना यह मिथक 2022 के विधानसभा चुनाव में टूट गया। योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में भाजपा ने प्रचंड बहुमत के साथ सत्ता में वापसी कर लगातार दूसरी बार सरकार बनाई। पहाड़ी राज्य उत्तराखंड में भाजपा सरकार पिछले नौ साल से लगातार जनसेवा में जुटी है। जीवन की सबसे बड़ी पूंजी पद नहीं, बल्कि विश्वास होता है। यह विश्वास किसी नेता, राजनीतिक दल या किसी व्यक्ति की सबसे बड़ी पूंजी है। यह विश्वास बना रहना ही चाहिए। और जिस दिन यह विश्वास टूटता है, उस दिन नतीजे वैसे ही होते हैं, जैसे 4 मई को पश्चिम बंगाल में ईवीएम से निकले। हारने वाला कुंठा, निराशा और हताशा में भले ही इसे वोट की लूट बताता रहे, लेकिन ये वोट की नहीं बल्कि दिल की लूट होती है। इसलिए व्यक्तिगत और सार्वजनिक जीवन में विश्वास बनाए रखें। - डॉ. आशीष वशिष्ठ (लेखक-पत्रकार)

