Siddharthnagar News: दुर्गा पंडाल में महिलाओं को मिशन शक्ति और साइबर सुरक्षा के प्रति किया जागरूक
सिद्धार्थनगर। मिशन शक्ति फेज-6 अभियान के तहत सोमवार को महिला थाना पुलिस ने इंद्रानगर तेतरी बाजार स्थित दुर्गा पंडाल में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया।
भीलवाड़ा में राजस्थान ग्रामीण बैंक, नाबार्ड और साइबर पुलिस ने VAW-2026 मेगा कैंप आयोजित किया। करीब 200 स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को वित्तीय साक्षरता, ऑनलाइन ठगी से बचाव, मनी म्यूल अकाउंट्स और साइबर सुरक्षा की जानकारी दी गई।
रास गरबा महोत्सव में साइबर सुरक्षा का संदेश क्विज के विजेताओं को एसपी ने दिए उपहार
भास्कर न्यूज| नारायणपुर शहर में 17 अक्टूबर को आयोजित सीजन-3 रास गरबा महोत्सव 2026 में एसपी संदीप कुमार पटेल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने श्रद्धालुओं और नागरिकों के साथ सहभागिता की और उन्हें साइबर अपराधों से सतर्क रहने का संदेश दिया। महोत्सव में मनोरंजन के साथ लोगों को डिजिटल सुरक्षा के प्रति जागरूक करने की पहल भी की गई। कार्यक्रम के दौरान नारायणपुर पुलिस ने साइबर जागरूकता क्विज प्रतियोगिता का आयोजन किया। इसमें प्रतिभागियों से साइबर सुरक्षा से जुड़े सवाल पूछे गए। सवालों के माध्यम से लोगों को ऑनलाइन ठगी के तरीकों, डिजिटल लेन-देन में सावधानी और साइबर अपराधों से बचाव के उपायों की जानकारी दी गई। सही जवाब देने वाले प्रतिभागियों को एसपी संदीप कुमार पटेल ने उपहार देकर प्रोत्साहित किया। पुलिस की इस पहल का उद्देश्य मनोरंजक गतिविधि के जरिए आम नागरिकों को साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक करना रहा। डिजिटल लेन-देन और ऑनलाइन सेवाओं का उपयोग बढ़ने के साथ साइबर ठगी के मामलों से बचने के लिए सतर्कता जरूरी है। ऐसे में क्विज के माध्यम से लोगों को जरूरी सावधानियों की जानकारी दी गई। नारायणपुर पुलिस लगातार जन-जागरूकता कार्यक्रमों के जरिए नागरिकों को साइबर अपराधों से बचाव के उपाय बता रही है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी अनजान लिंक पर क्लिक न करें। अपना ओटीपी, यूपीआई पिन और बैंक खाते से जुड़ी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करें। पुलिस के अनुसार, साइबर ठगी का शिकार होने पर बिना देरी किए साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करें। समय पर शिकायत करने से ठगी की रकम को रोकने में मदद मिल सकती है।
Principals will receive training on running schools using technology, including insights into AI and cybersecurity.
Lucknow News: छात्राओं को साइबर सुरक्षा के गुर सिखाए
छात्राओं को साइबर सुरक्षा के गुर सिखाए
ग्रामीण महिलाओं को डिजिटल भुगतान से जोड़ने और उन्हें नियमित रूप से इसका इस्तेमाल करने के लिए प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से एक वर्ष में राजस्थान की 3 लाख महिलाओं तक भीम पेमेंट्स एप्प की सुविधा पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। इसकी शुरुआत उदयपुर से हुई, यहां आयोजित कार्यक्रम में ग्रामीण क्षेत्रों की 100 से अधिक महिलाओं ने भाग लिया। ये महिलाएं पहले से ही अपने रोजमर्रा के वित्तीय लेन-देन में भीम एप्प इस्तेमाल कर रही हैं और अब आगे बड़ी संख्या में इन महिलाओं को इससे भुगतान करने के बारे में सिखाया जाएगा। यह पहल ‘यूपीआई फॉर हर 2.0’ कार्यक्रम का हिस्सा है। इसका उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं को डिजिटल भुगतान की सुविधा उपलब्ध कराने के साथ ही उनके मन में इसे लेकर भरोसा और आत्मविश्वास बढ़ाना है। महिलाओं की भागीदारी बढ़ाना जरूरी राजस्थान ग्रामीण बैंक, एनपीसीआई भीम और वुमेन्स वर्ल्ड बैंकिंग ने रणनीतिक साझेदारी की है। इस पहल के तहत यह कार्य किया जा रहा है। कई महिलाओं के पास स्मार्टफोन और बैंक खाते होने के बावजूद वे डिजिटल भुगतान का नियमित इस्तेमाल नहीं कर पाती हैं। जानकारी की कमी, तकनीक को लेकर झिझक और डिजिटल लेन-देन की सुरक्षा को लेकर आशंकाएं इसकी प्रमुख वजह हैं। एनपीसीआई भीम की प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी ललिथा नटराज ने कहा कि डिजिटल भुगतान क्रांति का पूरा लाभ उठाने के लिए महिलाओं की भागीदारी बढ़ाना जरूरी है। डिजिटल भुगतान से महिलाएं अपने पैसों का बेहतर प्रबंधन कर सकती हैं और वित्तीय सेवाओं तक आसानी से पहुंच बना सकती हैं। राजस्थान ग्रामीण बैंक के अध्यक्ष मुकेश भारतीय ने कहा कि क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों का ग्रामीण समुदायों के साथ विश्वास का मजबूत रिश्ता है। इस भरोसे को भीम की डिजिटल सुविधाओं से जोड़कर महिलाओं को डिजिटल वित्तीय सेवाओं का इस्तेमाल शुरू करने में मदद मिल सकती है। इससे डिजिटल सुविधाओं का लाभ गांवों और परिवारों तक पहुंचाने में भी सहायता मिलेगी। वुमेन्स वर्ल्ड बैंकिंग की दक्षिण एशिया प्रमुख कल्पना अजयन् ने कहा कि महिलाओं के डिजिटल वित्तीय सेवाओं से जुड़ने में भरोसे की महत्वपूर्ण भूमिका है। कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि महिलाओं को डिजिटल भुगतान में आत्मनिर्भर बनाने के साथ ही सुरक्षित डिजिटल लेन-देन के प्रति जागरूक करना भी जरूरी है। डिजिटल भुगतान के दौरान साइबर धोखाधड़ी से बचने, अनजान लिंक पर क्लिक नहीं करने, ओटीपी और बैंक संबंधी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा नहीं करने जैसे सुरक्षा उपायों की जानकारी महिलाओं के लिए महत्वपूर्ण है।
Shahjahanpur News: हेल्पलाइन नंबर और साइबर सुरक्षा की दी जानकारी
सेहरामऊ दक्षिणी। मिशन शक्ति अभियान के तहत कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय वेहटी में छात्राओं को महिला सुरक्षा, सम्मान और सशक्तीकरण के प्रति जागरूक किया गया।
Bilaspur News: भाखड़ा स्कूल में विद्यार्थियों को दिए साइबर सुरक्षा के टिप्स
बिलासपुर। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय भाखड़ा में वोकेशनल
साइबर सुरक्षा के साथ में महिला सशक्तीकरण की जानकारी दी
निकटवर्ती जवाली में विशेष विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन किया। मुख्य उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं और श्रमिकों को कानूनी अधिकारों देना था। इस दौरान अधिकार मित्र प्रदीप कुमार ने उपस्थित महिलाओं और श्रमिकों को वर्तमान समय में महत्वपूर्ण विषय साइबर सुरक्षा और महिला सशक्तिकरण की जानकारी दी। उन्होंने महिलाओं को ऑनलाइन ठगी से बचने के उपायों के साथ-साथ आपातकालीन स्थिति में सहायता के लिए नालसा हेल्पलाइन नंबरों के बारे में जागरूक किया। महिलाओं को वन स्टॉप सेंटर (सखी) और घरेलू हिंसा से जुड़े कानूनी प्रावधानों एवं सुरक्षा उपायों की जानकारी दी, ताकि वे किसी भी उत्पीड़न की स्थिति में अपने अधिकारों का खुलकर उपयोग कर सकें।
Hardoi News: छात्र-छात्राओं को मागर्दशन के साथ मिला साइबर सुरक्षा का मंत्र
हरदोई। मिशन शक्ति अभियान में बृहस्पतिवार को सीएसएन पीजी कॉलेज सहित जनपद के विभिन्न विद्यालयों में पुलिस अधिकारी पहुंचे। अधिकारियों ने विद्यार्थियों को कॅरिअर के अलावा साइबर सुरक्षा के विषय में जागरूक किया।
लखनऊ में शारदीय नवरात्रि के अवसर पर मिशन शक्ति अभियान फेज-6.0 के तहत गुरुवार को कैसरबाग स्थित आईएएस दृष्टि कोचिंग सेंटर में छात्राओं के लिए करियर गाइडेंस और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कैसरबाग पुलिस की ओर से आयोजित कार्यक्रम में स्कंद पब्लिक स्कूल, अमीनाबाद और अमीरुद्दौला इस्लामिया डिग्री कॉलेज की छात्राओं ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम में छात्राओं को मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना के माध्यम से यूपीएससी, यूपीपीसीएस, एसएससी समेत अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की निशुल्क कोचिंग और मार्गदर्शन की जानकारी दी गई। साथ ही महिला सुरक्षा, कानूनी अधिकारों, साइबर अपराध और पुलिस की हेल्पलाइन सेवाओं के बारे में भी जागरूक किया गया। साइबर ठगी और डिजिटल अरेस्ट से बचने के तरीके बताए कार्यक्रम में यूपी पुलिस साइबर क्राइम मुख्यालय के साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ डॉ. रक्षित टंडन ने छात्राओं को ऑनलाइन ठगी, फिशिंग, डिजिटल अरेस्ट और सोशल मीडिया से जुड़े साइबर अपराधों के बारे में बताया। उन्होंने डिजिटल दुनिया में सुरक्षित रहने के उपाय साझा किए। इस दौरान साइबर सुरक्षा से संबंधित वीडियो भी दिखाए गए। साइबर टीम ने छात्राओं को अनजान लिंक पर क्लिक नहीं करने, निजी जानकारी और ओटीपी साझा नहीं करने तथा सोशल मीडिया का सतर्कता से इस्तेमाल करने की सलाह दी। साइबर वित्तीय धोखाधड़ी होने पर तत्काल हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत करने के लिए भी जागरूक किया गया। छेड़छाड़ या उत्पीड़न होने पर हेल्पलाइन पर करें शिकायत महिला पुलिसकर्मियों ने छात्राओं को महिला सुरक्षा से जुड़े कानूनी प्रावधानों और सरकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्हें बताया गया कि छेड़छाड़, पीछा करने, उत्पीड़न या हिंसा की स्थिति में चुप रहने के बजाय पुलिस से मदद लें। छात्राओं को आपातकालीन पुलिस सहायता के लिए 112, वीमेन पावर लाइन 1090, महिला हेल्पलाइन 181 और चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 के बारे में बताया गया। पुलिसकर्मियों ने कहा कि किसी भी विषम परिस्थिति में घबराने के बजाय आत्मविश्वास और सूझबूझ से काम लें। आत्मनिर्भर बनने के लिए किया प्रेरित पुलिस अधिकारियों ने छात्राओं को शिक्षा के माध्यम से आत्मनिर्भर बनने और अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं को करियर के अवसरों की जानकारी देने के साथ महिला सुरक्षा, कानूनी अधिकारों और साइबर अपराधों से बचाव के प्रति जागरूक करना रहा। यह कार्यक्रम डीसीपी पश्चिमी जितेंद्र श्रीवास्तव के निर्देशन एसीपी कैसरबाग अभिषेक पांडेय, थाना प्रभारी निरीक्षक कैसरबाग अंजनी मिश्रा तथा मिशन शक्ति, साइबर और एंटी रोमियो टीम की ओर से आयोजित किया गया।
सीतापुर में महमूदाबाद कोतवाली क्षेत्र के सीता इंटर कॉलेज में 15 अक्टूबर को मिशन शक्ति फेज-6.0 के तहत जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें छात्राओं को मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना, साइबर अपराध और महिला सुरक्षा से जुड़े कानूनों की जानकारी दी गई। कार्यक्रम में बताया गया कि मोबाइल और सोशल मीडिया के माध्यम से फर्जी आईडी बनाना, फोटो एडिट करके वायरल करना और अश्लील संदेश भेजना साइबर अपराध की श्रेणी में आता है। छात्राओं को अनजान फ्रेंड रिक्वेस्ट स्वीकार न करने, फोटो के दुरुपयोग से सतर्क रहने, ओटीपी साझा न करने और संदिग्ध लिंक पर क्लिक नहीं करने की सलाह दी गई। साइबर बुलिंग या किसी अन्य समस्या का सामना करने पर माता-पिता अथवा शिक्षक को तुरंत जानकारी देने और संबंधित सबूत सुरक्षित रखने के लिए कहा गया। पुलिस ने मिशन शक्ति अभियान के उद्देश्यों और महिला सुरक्षा के लिए बनाए गए कानूनों के बारे में भी बताया। इसके साथ ही छात्राओं को यातायात नियमों का पालन करने और दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट पहनने के प्रति जागरूक किया गया।
डीडवाना के राजकीय बांगड़ कॉलेज में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) का तीन दिवसीय कार्यक्रम संपन्न हुआ। अंतिम दिन विद्यार्थियों को मतदाता जागरूकता, साइबर सुरक्षा, मानसिक स्वास्थ्य और तनाव प्रबंधन जैसे महत्वपूर्ण विषयों की जानकारी दी गई। व्याख्यानों के माध्यम से विद्यार्थियों को सामाजिक जिम्मेदारी निभाने, डिजिटल धोखाधड़ी से सतर्क रहने और मानसिक स्वास्थ्य के प्रति संवेदनशील बनने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम के अंत में एनएसएस स्वयंसेवकों ने कॉलेज परिसर में श्रमदान कर स्वच्छता और सामूहिक सहभागिता का संदेश दिया। पढ़ाई के साथ सामाजिक कार्यों में भी लें भाग प्रिंसिपल डॉ. मनीषा गोदारा ने राष्ट्रीय सेवा योजना के महत्व पर प्रकाश डालते हुए विद्यार्थियों से पढ़ाई के साथ सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति सजग रहते हुए राष्ट्र के विकास में योगदान देना चाहिए। मतदान के प्रति जागरूकता फैलाने की अपील प्रो. चेनाराम महला ने मतदाता जागरूकता विषय पर व्याख्यान देते हुए मतदान के महत्व और निष्पक्ष मतदान की आवश्यकता समझाई। उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि वे स्वयं मतदान के प्रति जागरूक रहें और अपने परिवार व समाज के लोगों को भी मतदान के लिए प्रेरित करें। फर्जी लिंक और ओटीपी साझा करने से बचें प्रो. कैलाश राठौड़ ने साइबर सुरक्षा पर जानकारी देते हुए ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचने के उपाय बताए। उन्होंने विद्यार्थियों को फर्जी लिंक पर क्लिक नहीं करने, किसी के साथ ओटीपी साझा नहीं करने और अपनी निजी जानकारी गोपनीय रखने की सलाह दी। साथ ही, डिजिटल लेनदेन के दौरान सतर्कता बरतने और साइबर धोखाधड़ी होने पर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराने की जानकारी दी। मानसिक स्वास्थ्य के प्रति संवेदनशील रहने पर जोर डॉ. अनिल कुमार ने राष्ट्रीय सेवा योजना के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला। वहीं, डॉ. अनुराग झंवर ने विद्यार्थियों में बढ़ती आत्महत्या की प्रवृत्ति पर चर्चा करते हुए मानसिक स्वास्थ्य के प्रति संवेदनशीलता बढ़ाने की आवश्यकता बताई। उन्होंने इस विषय पर जागरूकता और विद्यार्थियों की मानसिक स्थिति को समझने के महत्व पर जोर दिया। तनाव से निपटने के बताए व्यावहारिक उपाय प्रो. रामचंद्र स्वामी ने तनाव प्रबंधन विषय पर व्याख्यान देते हुए तनाव के कारणों, उसके प्रभावों और उससे निपटने के व्यावहारिक उपायों की जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों को मानसिक संतुलन बनाए रखने और जीवन की चुनौतियों का सकारात्मक दृष्टिकोण से सामना करने के लिए प्रेरित किया। श्रमदान कर दिया सामाजिक सहभागिता का संदेश कार्यक्रम के समापन पर एनएसएस स्वयंसेवकों ने कॉलेज परिसर में श्रमदान किया। इस दौरान राष्ट्रीय सेवा योजना कार्यक्रम अधिकारी डॉ. अंतिमा अग्रवाल, प्रो. आशीष जिंजवारिया, प्रो. फतेह सिंह, प्रो. पूजा सहित अन्य संकाय सदस्य मौजूद रहे।
बुलंदशहर में उत्तर प्रदेश पुलिस के मिशन शक्ति अभियान 6.0 के तहत गुरुवार को डिबाई स्थित त्रिवेणी दत्त सरस्वती शिशु विद्या मंदिर में साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ रक्षित टंडन के जागरूकता कार्यक्रम का लाइव प्रसारण किया गया। इस दौरान मिशन शक्ति टीम ने विद्यार्थियों को साइबर अपराध, ऑनलाइन धोखाधड़ी और सोशल मीडिया सुरक्षा के प्रति जागरूक किया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों को अनजान लिंक पर क्लिक न करने, ओटीपी और पासवर्ड किसी के साथ साझा न करने तथा सोशल मीडिया का सावधानी से इस्तेमाल करने की जानकारी दी गई। पुलिस टीम ने साइबर अपराध होने पर तत्काल शिकायत दर्ज कराने के लिए भी जागरूक किया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को साइबर खतरों से बचाव और सुरक्षित डिजिटल व्यवहार के प्रति जागरूक करना रहा। इस अवसर पर मिशन शक्ति प्रभारी जितेंद्र कुमार, रिचा वर्मा सहित अन्य पुलिसकर्मी मौजूद रहे।
आईपीएस अधिकारियों के लिए नई तकनीक, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, साइबर सुरक्षा और डिजिटल साधनों से जुड़े प्रशिक्षण पाठ्यक्रम अनिवार्य किए जा रहे हैं। इन पाठ्यक्रमों को पूरा करने का रिकॉर्ड उनकी वार्षिक प्रदर्शन मूल्यांकन रिपोर्ट में शामिल होगा।
भारत में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), क्लाउड कंप्यूटिंग और डिजिटल सेवाओं की बढ़ती मांग के कारण डेटा सेंटर उद्योग तेजी से विस्तार कर रहा है।

