20 जुलाई के जंतर-मंतर विरोध प्रदर्शन से जुड़ी 'गोली लगने से चोट' का दावा गलत: दिल्ली पुलिस
दिल्ली पुलिस ने सोशल मीडिया पर चल रहे उन दावों को खारिज कर दिया, जिनमें कहा गया था कि जंतर-मंतर पर 20 जुलाई को हुए प्रदर्शन के दौरान एक प्रदर्शनकारी को गोली लगी थी।
असम बाढ़: ऑपरेशन 'जल राहत' के तहत सेना का राहत अभियान जारी, 1,000 से अधिक लोगों को सुरक्षित निकाला
असम में आई विनाशकारी बाढ़ के बीच भारतीय सेना का राहत एवं बचाव अभियान लगातार जारी है।
सरकार ने लॉलीपॉप दिया, किसानों का आंदोलन जारी
मध्य प्रदेश में मूंग की खरीद को लेकर सरकार और किसानों के बीच बातचीत नाकाम रही। देर रात किसानों ने साफ कहा कि सरकार ने सिर्फ लॉलीपॉप दिया है, लेकिन उनकी असली मांगों पर कोई ठोस फैसला नहीं हुआ
तरनतारन के गोइंदवाल थाना पुलिस ने जमीन विवाद से जुड़े एक मामले में पांच लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। यह कार्रवाई गांव कालहा निवासी नत्था सिंह पुत्र अजायब सिंह की शिकायत पर की गई है, जिन्होंने अपने और अपने बेटे के साथ मारपीट का आरोप लगाया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। नत्था सिंह ने पुलिस को बताया कि गांव कालहा में उनकी 10 मरला जमीन है, जो रेड लाइन के अंदर आती है और उस पर उनका कब्जा है। शिकायतकर्ता के मुताबिक, उनका छोटा भाई जबरन इस जमीन पर कब्जा करना चाहता है, यह दावा करते हुए कि यह उसका हिस्सा है। उनकी बहन भी इस जमीन पर अपना हक जता रही है। पुलिस ने केस दर्ज किया नत्था सिंह ने आरोप लगाया कि 15 अप्रैल को पूरन सिंह पुत्र अजायब सिंह, जशनदीप सिंह पुत्र पूरन सिंह (दोनों निवासी कालहा), गुरप्रीत सिंह पुत्र निंदर सिंह (निवासी बचरा), दीप पुत्र जसविंदर सिंह और गुड्डी पत्नी जसविंदर सिंह (दोनों निवासी कोट खालसा, अमृतसर) ने उनके घर में घुसकर उनसे और उनके बेटे के साथ मारपीट की। एएसआई परगट सिंह ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि मामले की जांच के बाद, नामजद पांचों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया गया है। आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
पंजाब बीजेपी अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों आज बठिंडा के तलवंडी साबो स्थित गांव गाटवाली पहुंचे। उन्होंने इस दौरान मौजूदा पंजाब सरकार पर जमकर निशाना साधा और राज्य की स्थिति पर चिंता व्यक्त की। ढिल्लों ने कहा कि एक समय पंजाब देश में नंबर एक राज्य हुआ करता था, लेकिन आज यह 22वें स्थान पर पहुंच गया है। उन्होंने इसके लिए मौजूदा सरकार को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने बताया कि वह हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलकर आए हैं। प्रधानमंत्री ने आश्वासन दिया है कि पंजाब के लिए जो भी करना पड़ेगा, केंद्र सरकार वह सब करेगी। मीडिया से बातचीत में केवल सिंह ढिल्लों ने कहा कि पंजाब में कानून-व्यवस्था की स्थिति बेहद खराब है। खुलेआम नशा बिक रहा है और गैंगस्टर सक्रिय हैं। उन्होंने संगरूर में बीजेपी कार्यालय पर हुए हमले का भी जिक्र किया। अरविंद केजरीवाल पर निशाना साधा ढिल्लों ने आम आदमी पार्टी (AAP) के संयोजक अरविंद केजरीवाल पर निशाना साधते हुए कहा कि वह पंजाब को लूटने आए हैं, जैसे अहमद शाह अब्दाली आया था। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब को लूटने के लिए केजरीवाल जिम्मेदार हैं। पेपर लीक के मुद्दे पर भी सरकार को घेरा उन्होंने पेपर लीक के मुद्दे पर भी सरकार को घेरा। ढिल्लों ने बताया कि सिर्फ फरीदकोट ही नहीं, पंजाब में कुल 6 पेपर लीक हुए हैं, लेकिन किसी भी मामले में कोई कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने कहा कि AAP नेता दिल्ली जाकर नारे लगाते हैं, लेकिन पंजाब में उनका मुंह बंद रहता है। भगवंत मान के पास कोई अधिकार नहीं ढिल्लों ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री भगवंत मान के पास कोई अधिकार नहीं है और उन्हें दिल्ली से रिमोट कंट्रोल के जरिए चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मान केवल एक मुखौटा हैं, असली शासन केजरीवाल चला रहे हैं। कांग्रेस में कुर्सी की लड़ाई पंजाब कांग्रेस प्रभारी भूपेश बघेल के दौरे पर टिप्पणी करते हुए ढिल्लों ने कहा कि कांग्रेस में कुर्सी की लड़ाई चलती रहेगी और यह कभी खत्म नहीं होगी। उन्होंने दावा किया कि पंजाब में कांग्रेस अब खत्म हो चुकी है। इसके विपरीत, भाजपा में मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार को लेकर कोई भ्रम नहीं होता। उन्होंने राजस्थान का उदाहरण देते हुए कहा कि भाजपा संगठन में ऐसे व्यक्ति को भी मुख्यमंत्री बनाया जा सकता है, जिसकी किसी ने कल्पना भी नहीं की थी।
सीएम योगी का बड़ा फैसला: भदोही जिले को फिर मिली पुरानी पहचान, नाम होगा 'संत रविदास नगर'
संत शिरोमणि गुरु रविदास की 650वीं जयंती वर्ष के अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि भदोही को फिर से 'संत रविदास नगर' के नाम से जाना जाएगा और इस संबंध में आवश्यक कार्रवाई आगे बढ़ाई जाएगी।
भारतीय जनता पार्टी ने पंजाब में अकेले चुनाव लड़ने का फैसला कर दिया। शिरोमणि अकाली दल से अब गठबंधन के चांस लगभग न के बराबर रह गए। ऐसे में शिअद ने भी भाजपा को घेरना शुरू कर दिया। शिअद के टकसाली नेता महेशइंदर सिंह ग्रेवाल ने SIR प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए और कहा कि भाजपा इसके जरिए देश को सेकुलर राष्ट्र से हिंदू राष्ट्र बनाने की फिराक में है। महेशइंदर सिंह ग्रेवाल मलेरकोटला में 'पिंड बचाओ पंजाब बचाओ' कार्यक्रम में शामिल हुए थे और वहां पर उन्होंने इस पर करीब 11 मिनट का भाषण दिया। महेशइंदर सिंह ग्रेवाल ने भाजपा और खालिस्तान समर्थक सांसद अमृतपाल सिंह को एक ही सोच का बताया। ग्रेवाल ने कहा कि गृह मंत्रालय कह रहा है कि पासपोर्ट सिटीजनशिप का प्रमाण नहीं है, यह सिर्फ ट्रैवल डॉक्यूमेंट है। यही बात अमृतपाल ने भी कही थी जब उनसे पूछा गया था कि आप बात खालिस्तान की करते हो और पासपोर्ट इंडियन रखा है, तो उन्होंने भी कहा था कि पासपोर्ट सिर्फ ट्रैवल डॉक्यूमेंट है। महेशइंदर सिंह ग्रेवाल ने मुस्लिम समुदाय के बीच कहा कि बांग्लादेशियों के बहाने भाजपा ने मुस्लिमों के नाम वोटर सूची से बाहर किए और अब अन्य लोगों को बाहर करना चाहती है। यह तब तक चलता रहेगा जब तक हम सचेत नहीं हो जाएंगे। ग्रेवाल ने देश की ज्यूडिशियरी से लेकर चुनाव आयोग तक सभी पर सवाल उठाए। महेशइंदर सिंह ग्रेवाल ने अपने भाषण में क्या-क्या कहा, सिलसिलेवार जानिए...
झारखंड के धनबाद में अवैध कोयला खनन, तस्करी, रंगदारी और लेवी वसूली से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाइयों में से एक को अंजाम देते हुए 31 ठिकानों पर छापेमारी की है। कार्रवाई के दौरान ईडी ने करीब 160 करोड़ रुपए के म्यूचुअल फंड निवेश को फ्रीज कर दिया है, जबकि 1.02 करोड़ रुपए की बेहिसाबी नकदी जब्त की गई है। इसके अलावा 200 से अधिक चल-अचल संपत्तियों से जुड़े दस्तावेज और डिजिटल साक्ष्य भी बरामद हुए हैं।
बठिंडा में स्थानीय मॉडल टाउन फेस 1 में गुरुद्वारा के पीछे रिंग रोड पर टंकी के पास एक सड़ी-गली लाश मिली है। सहारा मुख्यालय में सूचना मिलने पर सहारा जन सेवा की लाइफ सेविंग ब्रिगेड हेल्पलाइन टीम, जिसमें विक्की कुमार और संदीप गिल शामिल थे, एंबुलेंस लेकर घटनास्थल पर पहुंची। मौके पर एक नवयुवक की सड़ी-गली लाश पड़ी थी, जो दो-तीन दिन पुरानी प्रतीत होती थी। थाना सिविल लाइन के एसएचओ रविंद्र सिंह पुलिस पार्टी सहित घटनास्थल पर उपस्थित थे। पुलिस की मौजूदगी में सहारा जन सेवा टीम ने शव का निरीक्षण किया। मृतक के पास से कोई भी दस्तावेज मिला मृतक के पास से कोई भी दस्तावेज या ऐसी चीज नहीं मिली जिससे उसकी शिनाख्त हो सके। नवयुवक की मृत्यु संदिग्ध परिस्थितियों में हुई प्रतीत होती है। सहारा टीम ने शव को सिविल अस्पताल की मोर्चरी में पहुंचाया और सुरक्षित रखवा दिया है। पुलिस ने घटना की जांच शुरू कर दी है और मृतक नवयुवक की शिनाख्त के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। नवयुवक की मृत्यु के कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चलेगा। थाना सिविल लाइन एसएचओ रविंद्र सिंह ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी और मौके पर हालात देखे गए। उन्होंने पुष्टि की कि लाश सड़ी-गली अवस्था में थी और फिलहाल उसकी पहचान नहीं हो पाई है। पुलिस आसपास के लोगों से जानकारी जुटा रही है और पहचान के लिए इश्तहार भी जारी किए जाएंगे। शव को सिविल अस्पताल की मोर्चरी में रखा गया है।
फरीदकोट में बाबा फरीद मेडिकल यूनिवर्सिटी के समक्ष फार्मेसी अफसर भर्ती परीक्षा विवाद को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के नेतृत्व में दिए गए धरने के बाद पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग गुट से संबंधित जिला कांग्रेस कमेटी फरीदकोट ने इसी मुद्दे पर 31 जुलाई को यूनिवर्सिटी के समक्ष प्रस्तावित धरना स्थगित कर दिया है। साथ ही 5 अगस्त को फरीदकोट दौरे पर आ रहे पंजाब कांग्रेस प्रभारी भूपेश बघेल और प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग के कार्यक्रम की तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। इस संबंध में जिला कांग्रेस अध्यक्ष नवदीप सिंह बब्बू बराड़ ने कहा कि बुधवार को दिए गए धरने के बारे में जिला कांग्रेस कमेटी के साथ किसी प्रकार का विचार-विमर्श नहीं किया गया था। इसी कारण जिला कांग्रेस उस धरने में शामिल नहीं हुई, क्योंकि जिला कांग्रेस पहले ही 31 जुलाई को अपना धरना प्रस्तावित कर चुकी थी। उन्होंने कहा कि बुधवार को हुए धरने के बाद प्रदेश नेतृत्व के साथ तालमेल बनाते हुए जिला कांग्रेस ने 31 जुलाई को प्रस्तावित धरना स्थगित करने का निर्णय लिया है। नवदीप सिंह बब्बू बोले- कांग्रेस पार्टी पूरी तरह एकजुट उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस पार्टी पूरी तरह एकजुट है और 5 अगस्त को फरीदकोट में पंजाब कांग्रेस प्रभारी भूपेश बघेल, प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग, वरिष्ठ नेताओं, पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की बैठक में आगे की रणनीति पर विचार-विमर्श किया जाएगा। उन्होंने बिना नाम लिए फरीदकोट से पूर्व विधायक किक्की ढिल्लों पर भी सवाल उठाए और कहा कि कांग्रेस में संगठन प्रमुख होता है और हल्का इंचार्ज का कोई पद ही नहीं है। गौरतलब है कि बुधवार को फरीदकोट के पूर्व विधायक कुशलदीप सिंह 'किक्की' ढिल्लों की अगुवाई में कांग्रेस पार्टी ने बाबा फरीद मेडिकल यूनिवर्सिटी के समक्ष फार्मेसी अफसर भर्ती परीक्षा विवाद को लेकर धरना दिया था। इस धरने में पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के अलावा उनके गुट से जुड़े पंजाब कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता भी शामिल हुए थे। दूसरी ओर, जिला कांग्रेस कमेटी ने प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग के नेतृत्व में 31 जुलाई को अलग धरना आयोजित करने की योजना बनाई थी, जिसे अब स्थगित कर दिया गया है।
लुधियाना के साहनेवाल स्थित एक ईंट-भट्ठे पर काम के दौरान असम के एक प्रवासी मजदूर की मौत के मामले में पुलिस ने बड़ा कदम उठाया है। असम में दर्ज जीरो एफआईआर के आधार पर पंजाब पुलिस ने भट्ठा मालिक, तीन अन्य आरोपियों, ट्रैक्टर चालक और एंबुलेंस चालक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की हत्या समेत गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मृतक की पहचान 52 वर्षीय हैसमुल हक के रूप में हुई है, जो असम के धुबरी जिले का रहने वाला था और लुधियाना के विश्वकर्मा ब्रिक किल्न इंडस्ट्री में मजदूरी करता था। काम के दौरान हुआ हादसा पुलिस के अनुसार, यह घटना कुछ सप्ताह पहले उस समय हुई, जब हैसमुल हक ईंट-भट्ठे पर काम कर रहा था। मृतक के भाई अब्दुल हई शेख ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया कि काम के दौरान उसका भाई भट्ठे पर चल रहे ट्रैक्टर की चपेट में आ गया। हादसा इतना गंभीर था कि उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हैसमुल हक की गर्दन और लात कट गई थी। शव असम भेजा गया, परिवार ने दर्ज कराई शिकायत हादसे के बाद मृतक का शव एंबुलेंस के जरिए उसके पैतृक गांव असम भेजा गया। शव मिलने के बाद परिजनों ने कानूनी कार्रवाई की मांग करते हुए असम के गौरीपुर थाना जिला धुबरी में शिकायत दर्ज कराई, जिस पर जीरो एफआईआर दर्ज की गई। बाद में क्षेत्राधिकार के आधार पर यह मामला पंजाब पुलिस को भेज दिया गया, जिसके बाद साहनेवाल थाना पुलिस ने नया केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी। हत्या समेत गंभीर धाराओं में मामला दर्ज पुलिस ने विश्वकर्मा ब्रिक किल्न इंडस्ट्री के मालिक, हसीमुल हक, मोइनुल हक, अयूब अली, ट्रैक्टर चालक तथा शिकायत में नामजद एंबुलेंस चालक के खिलाफ बीएनएस की धारा 61(2) (आपराधिक साजिश), 103 (हत्या) और 3(5) (समान उद्देश्य) के तहत मामला दर्ज किया है। सुरक्षा मानकों और लापरवाही की जांच मामले की जांच कर रहे एएसआई रणधीर सिंह ने बताया कि हादसे की परिस्थितियों की गहन जांच की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि ईंट-भट्ठे पर श्रमिकों की सुरक्षा के लिए आवश्यक सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा था या नहीं और कहीं कार्यस्थल पर किसी प्रकार की लापरवाही तो नहीं बरती गई। उन्होंने बताया कि मामले में संबंधित लोगों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं और आवश्यक दस्तावेज व अन्य सूबत एकत्र किए जा रहे हैं। परिजन जब थाना पहुंचेगे तो उसके बाद उनसे मामले की पूरी जानकारी ली जाएगी।
शिरोमणी अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा है कि राज्य में पैसों के बदले पेपर लीक करने वाले घोटाले ने गहरी जड़ें जमा ली हैं। लुधियाना पहुंचे शिअद अध्यक्ष ने दावा किया कि आप सरकार द्वारा बेईमान तत्वों को लाभ पहुंचाने के लिए 11 परीक्षाओं के प्रश्नपत्रों को सलेक्टिव लीक के जरिए ‘‘मैनेज’’ किया गया है। सुखबीर बादल ने स्पष्ट किया कि इस मुद्दे पर आप सरकार को घेरने और आंदोलन की रणनीति तय करने के लिए कल शिरोमणी अकाली दल की इमरजेंसी मीटिंग बुलाई गई है। सुखबीर बादल ने लुधियाना में कही ये अहम बातें...
लुधियाना में अपराधियों के हौंसले इस कदर बुलंद हो गए हैं कि अब वे पुलिसकर्मी बनकर लोगों को निशाना बना रहे हैं। सेक्टर-32 स्थित पटवारखाना के बाहर दिनदहाड़े हुई एक सनसनीखेज वारदात ने शहर की कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। 4 बदमाशों ने खुद को पुलिस कर्मचारी बताकर एक इलेक्ट्रॉनिक सामान के कारोबारी का अपहरण कर लिया। इसके बाद उसे जान से मारने और झूठे केस में फंसाने की धमकी देकर पहले घर ले गए, फिर बैंक से ₹2 लाख निकलवाए और जेब में रखे ₹22 हजार भी लूट लिए। मामले में थाना डिवीजन नंबर-7 पुलिस ने एक नामजद आरोपी और उसके तीन अज्ञात साथियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्रॉपर्टी संबंधी काम से गया था पटवारखानेगुरु नानक स्ट्रीट, गिल रोड निवासी गुरप्रीत सिंह ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह इलेक्ट्रॉनिक सामान का कारोबार करता है। करीब 1:30 बजे वह प्रॉपर्टी से जुड़े दस्तावेज लेने के लिए सेक्टर-32 स्थित पटवारखाना गया था। काम निपटाकर जैसे ही वह बाहर निकला, पहले से वहां मौजूद चार लोगों ने उसे घेर लिया। खुद को पुलिस कर्मचारी बताकर कार में बैठायाशिकायतकर्ता के अनुसार, आरोपियों में से एक ने अपना नाम संदीप कुमार बताते हुए खुद को पुलिस कर्मचारी बताया। उसने कहा कि एक आपराधिक मामले में पूछताछ के लिए उसे उनके साथ चलना होगा। इससे पहले कि गुरप्रीत कुछ समझ पाता, बाकी तीन आरोपियों ने उसे जबरन महिंद्रा कार में बैठा लिया। कार में बैठाने के बाद आरोपियों ने उसे धमकाया कि यदि उसने उनकी बात नहीं मानी तो उसे झूठे केस में फंसाकर जेल भेज दिया जाएगा। घर ले जाकर बैंक का चेक कब्जे में लियाआरोपी सबसे पहले गुरप्रीत को उसके घर ले गए। उस समय घर पर उसकी पत्नी और अन्य परिजन मौजूद नहीं थे। इसका फायदा उठाते हुए आरोपियों ने उसके बैंक खाते से संबंधित चेक अपने कब्जे में ले लिया। एचडीएफसी बैंक में जबरन भरवाया सेल्फ चेकइसके बाद आरोपी उसे एचडीएफसी बैंक, गिल शाखा ले गए। रास्ते भर वे उसे जान से मारने और झूठे मामले में फंसाने की धमकियां देते रहे। डर के कारण गुरप्रीत ने आरोपियों के कहने पर सेल्फ चेक पर हस्ताक्षर किए। इसके जरिए आरोपियों ने उसके खाते से ₹2 लाख नकद निकलवा लिए। बैंक से निकलते ही जेब से भी छीने ₹22 हजारबैंक से बाहर आने के बाद भी आरोपियों की लूट नहीं रुकी। उन्होंने गुरप्रीत की तलाशी ली और उसकी जेब में रखे ₹22 हजार भी छीन लिए। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी गुरप्रीत को मराडो कॉलोनी के पास छोड़कर फरार हो गए। जाते समय उन्होंने धमकी दी कि यदि उसने पुलिस या किसी अन्य व्यक्ति को घटना की जानकारी दी तो उसे गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। डरे-सहमे गुरप्रीत ने बाद में हिम्मत जुटाकर पूरी घटना की जानकारी पुलिस को दी, जिसके बाद मामला दर्ज किया गया। सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिसमामले की जांच कर रहे एएसआई रणधीर सिंह ने बताया कि घटनास्थल और आसपास के इलाकों की सीसीटीवी फुटेज कब्जे में ली गई है। फुटेज में कुछ संदिग्ध व्यक्ति दिखाई दिए हैं, जिनकी पहचान की जा रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की अलग-अलग टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। पुलिस ने संदीप कुमार और उसके तीन अज्ञात साथियों के खिलाफ अपहरण, लूट, जान से मारने की धमकी और आपराधिक साजिश सहित विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
पंजाब विधानसभा के पूर्व डिप्टी स्पीकर और सुजानपुर से पूर्व विधायक दिनेश सिंह बब्बू ने पत्रकारों को मिली कथित धमकियों और क्षेत्र में फल-फूल रहे अवैध खनन के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। भारतीय जनता पार्टी द्वारा आयोजित एक विशेष प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए उन्होंने आम आदमी पार्टी के नेता पर गंभीर आरोप लगाए और पुलिस प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की मांग की। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पूर्व डिप्टी स्पीकर दिनेश सिंह बब्बू ने पत्रकार महक रंधावा और लक्की सरोच को मिली कथित धमकियों के मामले पर गहरी चिंता जताई। बब्बू ने कहा कि पत्रकारिता लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है और इस पर किसी भी तरह का हमला या दबाव बिल्कुल भी स्वीकार्य नहीं है। पत्रकारों की सुरक्षा और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता सुनिश्चित करना पंजाब सरकार और स्थानीय पुलिस प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। भारतीय जनता पार्टी हर परिस्थिति में पत्रकारों की सुरक्षा और उनके अधिकारों के साथ मजबूती से खड़ी है। किसी भी पत्रकार को डराने-धमकाने की कोशिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी। AAP के हलका इंचार्ज पर धमकियां देने का लगाया आरोप पूर्व डिप्टी स्पीकर ने आरोप लगाया कि क्षेत्र में चल रहे अवैध खनन के मुद्दे को प्रमुखता से उठाने के कारण बौखलाहट में यह कार्रवाई की गई है। उन्होंने दावा किया कि आम आदमी पार्टी के नेता द्वारा पत्रकारों को कथित रूप से धमकियां दी गई हैं। त्वरित कार्रवाई की मांग: बब्बू ने इस मामले को बेहद गंभीर बताते हुए पुलिस प्रशासन से आग्रह किया कि पत्रकार महक रंधावा द्वारा दर्ज करवाई गई शिकायत पर बिना किसी दबाव के निष्पक्ष जांच की जाए और दोषियों पर कानून के तहत तुरंत पर्चा दर्ज कर कार्रवाई हो। अवैध माइनिंग का मुद्दा भी उठाया दिनेश सिंह बब्बू ने सुजानपुर क्षेत्र में जारी अवैध माइनिंग का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। बब्बू ने आरोप लगाया कि बेहड़िया और उसके आसपास के क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर अवैध खनन का काला कारोबार बेखौफ जारी है। प्राकृतिक संसाधनों की लूट हो रही है, लेकिन प्रशासन आंखें मूंद कर बैठा है। पुलिस और संबंधित विभाग को तत्काल प्रभाव से इस पर रोक लगानी चाहिए और खनन माफिया के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई करनी चाहिए।
बरनाला में अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे सफाई कर्मचारियों पर पुलिस लाठीचार्ज के विरोध में वाल्मीकि समाज ने कल पंजाब बंद का आह्वान किया है। समाज ने बाजार, स्कूल, कॉलेज, मॉल और अन्य संस्थानों को बंद रखने की अपील की है। लुधियाना, बठिंडा, होशियारपुर, फाजिल्का, कपूरथला, अमृतसर, पटियाला, पठानकोट और गुरदासपुर की विभिन्न संस्थाओं ने बंद को समर्थन दिया है। हालांकि, जालंधर में बंद नहीं रहेगा। यहां केवल प्रदर्शन किया जाएगा। यूनियन नेताओं का दावा है कि कार्रवाई में कई सफाई कर्मचारी घायल हुए और उनके सिर फोड़ दिए गए। प्रदर्शनकारियों ने महिला सफाई कर्मचारियों के साथ भी दुर्व्यवहार का आरोप लगाया। प्रदर्शनकारियों ने बरनाला के डीएसपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। बुधवार को अमृतसर में वाल्मीकि समाज के लोगों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उन्होंने पुलिस अधिकारियों के पुतले तैयार किए, जिन्हें महिलाओं के कपड़े पहनाए गए। गुरदासपुर में बंद को सपोर्टगुरदासपुर ट्रेड यूनियन ने 30 जुलाई को सफाई कर्मचारियों द्वारा बुलाए गए पंजाब बंद के आह्वान का समर्थन करने की घोषणा की है। सफाई कर्मचारी पिछले कई दिनों से अपनी मांगों को लेकर हड़ताल पर हैं। उधर, लुधियाना में भाजपा और दलित भाईचारे के नेता यशपाल चौधरी ने कहा कि कल बंद की कॉल हमने दी हुई है। सुबह से शाम 4 बजे तक शांतिपूर्ण तरीके से बाजार बंद करवाए जाएंगे। लोगों का भी साथ हमें मिल रहा है। लोगों से भी अपील है कि बंद में सहयोग दें। जालंधर में कल बंद नहीं जालंधर की विभिन्न सामाजिक और धार्मिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने कहा कि कुछ संगठनों की ओर से पंजाब बंद की खबरें प्रसारित की जा रही हैं, लेकिन जालंधर के लोग पहले ही 27 जुलाई को बंद का समर्थन कर चुके हैं। इसलिए 30 जुलाई को जालंधर में किसी भी तरह का बंद नहीं रखा जाएगा। बंद के दौरान मेडिकल स्टोर खुले रहेंगेबुधवार को अमृतसर में डॉ. बीआर अंबेडकर भलाई मंच के चेयरमैन ओम प्रकाश अनारिया और भगवान वाल्मीकि शक्ति दल के चेयरमैन डॉ. जैमल सिंह नडाला ने कहा कि पूरे पंजाब में शांतिपूर्ण बंद का आह्वान किया गया है। इस बंद को संत समाज, संत मलकीत नाथ जी, डॉ. बीआर अंबेडकर भलाई मंच और कई सामाजिक व धार्मिक संगठनों का समर्थन प्राप्त है। उन्होंने अमृतसर के दुकानदारों, उद्योगपतियों और आम लोगों से अपील की कि वे इस बंद को सफल बनाने में सहयोग करें और न्याय की इस लड़ाई में समाज के साथ खड़े हों। उन्होंने कहा कि बंद के दौरान अस्पताल, एंबुलेंस सेवाएं और मेडिकल स्टोर खुले रहेंगे, ताकि लोगों को आवश्यक सेवाओं में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। ------------- ये खबर भी पढ़ें… पंजाब बंद के बाद सफाईकर्मियों की हड़ताल खत्म, मंत्री बैंस बोले- पुलिस लाठीचार्ज की जांच के लिए SIT बनाई, सरकार ने सैलरी भी बढ़ाई बरनाला में सफाई कर्मचारियों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में वाल्मीकि समाज की हड़ताल अब खत्म हो गई। सरकार ने मामले की जांच के लिए SIT का गठन किया है। साथ ही सरकार ने 1 अगस्त से कॉन्ट्रैक्ट पर काम कर रहे सफाई सेवकों और सीवरेज मैन को बढ़ा हुआ वेतन देने की बात कही है। (पढ़ें पूरी खबर)
फरीदकोट में थाना सादिक पुलिस ने अपने अधीन एक गांव में 4 वर्षीय भतीजी के साथ दुराचार करने के आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की पहचान जगजीत सिंह के रूप में हुई जिसके खिलाफ उसकी भाभी की शिकायत पर बीएनएस और पॉक्सो एक्ट की गंभीर धाराओं के तहत केस दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस को दी शिकायत में महिला ने बताया कि वह रोजाना की तरह 26 जुलाई की रात को खाना खाने के बाद घर में सो गए। इस दौरान रात करीब 11:00 उन्हें अपनी 4 वर्षीय बेटी के रोने की आवाज सुनाई दी। जब उसने उठकर देखा तो उनकी बेटी बिस्तर पर नहीं थी। आरोपी मौके से फरार हो गया था तलाश करने पर उसकी बेटी साथ के कमरे में रहते उनके देवर जगजीत सिंह के कमरे में थी। जब उसने जगजीत सिंह से बेटी को अपने कमरे में लाने का कारण पूछा तो वह कपड़े पहन कर मोटरसाइकिल लेकर फरार हो गया। बाद में महिला ने बेटी का डॉक्टर से चेकअप करवाया तो पता चला कि जगजीत सिंह ने उसकी बेटी के साथ गलत काम किया है। इस मामले में थाना सादिक के एसएचओ गुरलाल सिंह ने बताया कि पुलिस ने शिकायत मिलते ही आरोपी के खिलाफ केस दर्ज करते हुए उसे गिरफ्तार भी कर लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है।
पठानकोट में युवक की ट्रेन से कटकर मौत:सुजानपुर फाटक पर रेल लाइन पर चपेट में आया; बिहार का रहने वाला
पठानकोट-जम्मू रेलवे ट्रैक पर सुजानपुर के फिरोजपुर कलां फाटक के समीप बुधवार दोपहर एक हादसा हो गया। रेलवे ट्रैक के किनारे कबाड़ बीन रहे एक 18 वर्षीय प्रवासी युवक की ट्रेन की चपेट में आने से मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही जीआरपी और पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लिया। मृतक की पहचान दीपक, पुत्र राजेश रविदास, मूल निवासी गांव पार्वती, जिला नालंदा, बिहार के तौर पर हुई है। लेकिन, मौजूदा समय में दीपक पठानकोट के सुजानपुर में रह रहा था। जीआरपी चौकी प्रभारी अनिल कुमार ने बताया कि लाश को पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल पहुंचा दिया गया है। मृतक के परिजनों को सूचना दे दी गई है। वीरवार को लाश का पोस्टमार्टम किया जाएगा। कबाड़ बीनते समय अचानक आई ट्रेन सिविल अस्पताल पठानकोट पहुंचे मृतक के मौसेरे भाई रोशन ने घटना की जानकारी देते हुए बताया कि दीपक मूल रूप से बिहार के नालंदा जिले का रहने वाला था और यहां कबाड़ बीनकर अपना गुजारा करता था। बुधवार को वह फिरोजपुर कलां फाटक के पास रेलवे ट्रैक के आसपास कबाड़ इकट्ठा कर रहा था। इसी दौरान वह अचानक आती ट्रेन को नहीं देख पाया और उसकी चपेट में आ गया। हादसा इतना भीषण था कि दीपक की मौके पर ही मौत हो गई। माता-पिता के पहुंचने पर कल दर्ज होंगे बयान हादसे की खबर मिलते ही मृतक के परिचित मौके पर पहुंचे। जीआरपी भरोली चौकी के इंचार्ज अनिल कुमार ने बताया कि घटना के तुरंत बाद शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम व कार्रवाई के लिए पठानकोट के सिविल अस्पताल भिजवा दिया गया है। बिहार में रह रहे मृतक के माता-पिता को हादसे की सूचना दे दी गई है। परिजनों के गुरुवार पठानकोट पहुंचने पर उनके आधिकारिक बयान दर्ज किए जाएंगे और आवश्यक औपचारिकताएं पूरी कर पोस्टमार्टम कराया जाएगा। हादसा कैसे हुआ, इसकी जांच की जा रही है।
लुधियाना जिले के गांव मलकपुर में पंचायत फंड के कथित बहु-करोड़ी रुपये के घोटाले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 13 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। आरोपियों में तत्कालीन ब्लॉक डेवलपमेंट एंड पंचायत ऑफिसर (बीडीपीओ), पंचायत सचिव, सरपंच, सहायक अभियंता (एई) और ग्राम सेवक शामिल हैं। मामला डिप्टी कमिश्नर के आदेश पर हुई विस्तृत जांच के बाद पुलिस कमिश्नर के निर्देशों पर दर्ज किया गया। थाना पीएयू पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी, लोक सेवक द्वारा आपराधिक विश्वासघात और आपराधिक साजिश से संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। यह शिकायत गांव मलकपुर निवासी और पूर्व इंस्पेक्टर नाजर सिंह ने डिप्टी कमिश्नर को दी थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि वर्ष 2013 से 2024 के दौरान गांव की दो पंचायतों में करोड़ों रुपये के सरकारी फंड का अधिकारियों और पंचायत प्रतिनिधियों की मिलीभगत से दुरुपयोग किया गया। बाईपास के लिए मिले थे 13.74 करोड़ रुपयेएफआईआर के अनुसार, वर्ष 2017-18 में बाईपास परियोजना के लिए अधिग्रहित भूमि के मुआवजे के रूप में सरकार ने पंचायत के खाते में करीब 13.74 करोड़ रुपये जमा करवाए थे। इसके अलावा विभिन्न सरकारी अनुदान और ग्रामीण विकास निधि (आरडीएफ) की राशि भी पंचायत खातों में आई। आरोप है कि इन पैसों का अधिकांश हिस्सा गांव की गलियों और नालियों के निर्माण पर खर्च दिखाया गया, जबकि भुगतान निर्धारित सरकारी प्रक्रिया और तकनीकी मंजूरी के बिना किए गए। कैश बुक के पन्ने गायब, वर्षों तक नहीं हुआ ऑडिटशिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि वर्ष 2017 के बाद ग्राम सभा के खातों का ऑडिट नहीं कराया गया। जांच के दौरान कैश बुक और कार्यवाही रजिस्टर के कई पन्ने भी गायब मिले। शिकायत में कहा गया कि विभागीय अधिकारियों को इन अनियमितताओं की जानकारी होने के बावजूद ग्रामीणों की लिखित और मौखिक शिकायतों पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। हाईकोर्ट तक पहुंचा मामलाडिप्टी कमिश्नर के आदेश पर एडिश्नल कमिश्नर (ग्रामीण विकास) की अध्यक्षता में जांच समिति गठित की गई थी। जांच लंबे समय तक लंबित रही और मामला पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट तक पहुंचा। हाईकोर्ट ने निर्धारित समय सीमा में जांच पूरी करने के निर्देश दिए थे। सूत्रों के अनुसार, अंतिम जांच रिपोर्ट में पाया गया कि 2017 से 2023 के बीच विभिन्न अधिकारियों के कार्यकाल में भुगतान करते समय निर्धारित नियमों का पालन नहीं किया गया। पंचायत स्तर पर प्रस्ताव पारित कर चेक जारी किए गए, लेकिन आवश्यक तकनीकी स्वीकृति नहीं ली गई। इन अधिकारियों को बनाया गया आरोपीएफआईआर में जिन लोगों को नामजद किया गया है, उनमें तत्कालीन बीडीपीओ रूपिंदरजीत कौर, गुरमेल सिंह, धनवंत सिंह, मलकीत सिंह भट्टी और राजिंदर कौर, सहायक अभियंता जसविंदर सिंह, ग्राम सेवक तेजा सिंह, पंचायत सचिव बलदेव सिंह, सुखमिंदर सिंह, जगरूप सिंह, किरणपाल सिंह और कमल भारती, तथा तत्कालीन सरपंच मलकीत कौर शामिल हैं। इनमें से कुछ अधिकारी सेवानिवृत्त भी हो चुके हैं। पुलिस जुटी रिकॉर्ड और बैंक खातों की जांच मेंपुलिस अधिकारियों के अनुसार, जांच समिति ने अपनी रिपोर्ट में विस्तृत पुलिस जांच की सिफारिश की थी। समिति ने यह भी उल्लेख किया कि कुछ नामजद अधिकारी पूछताछ के दौरान उपस्थित नहीं हुए, जिससे उनकी भूमिका को लेकर संदेह और गहरा गया। फिलहाल पुलिस पंचायत से जुड़े बैंक खातों, वित्तीय दस्तावेजों, भुगतान रिकॉर्ड और अन्य सरकारी अभिलेखों की जांच कर रही है ताकि सार्वजनिक धन के कथित दुरुपयोग की पूरी सच्चाई सामने लाई जा सके।
अमृतसर में बुधवार को 'वारिस पंजाब' से अलग हुए 'पंथक आज़ाद ग्रुप' ने एक प्रेस वार्ता की। इस दौरान ग्रुप के नेताओं ने 'वारिस पंजाब' के मौजूदा नेतृत्व पर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि भाई अमृतपाल सिंह के जेल जाने के बाद संगठन अपने मूल पंथक सिद्धांतों से भटक गया है। ग्रुप के मुख्य प्रवक्ता भाई सुरिंदरपाल सिंह तालपुरा ने कहा कि संगठन में अब ऐसे लोगों का प्रभाव बढ़ गया है, जिनका पहले पारंपरिक पंथक विचारधारा से कोई जुड़ाव नहीं था। उन्होंने आरोप लगाया कि जिन युवाओं ने शुरुआत से 'वारिस पंजाब' को मजबूत किया, उन्हें अब हाशिए पर धकेला जा रहा है। तालपुरा ने बताया कि संगठन की कमान धीरे-धीरे ऐसे लोगों के हाथों में जा रही है, जो मूल उद्देश्य और विचारधारा से मेल नहीं खाते। इसी कारण पंथक सोच को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से एक अलग मंच बनाकर काम करने का निर्णय लिया गया है। बीबी परमजीत कौर को CM पद के रूप में पेश किया प्रेस वार्ता के दौरान 'पंथक आज़ाद ग्रुप' ने एक बड़ा राजनीतिक ऐलान करते हुए बीबी परमजीत कौर खालड़ा को पंजाब के मुख्यमंत्री पद के चेहरे के रूप में पेश किया। ग्रुप ने बीबी खालड़ा और उनके परिवार से पंजाब की राजनीति में सक्रिय भूमिका निभाने तथा राज्य की बागडोर संभालने की अपील की। इस अवसर पर ग्रुप ने सूरी हत्याकांड से जुड़े राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत नजरबंद भाई संदीप सिंह सन्नी के स्वास्थ्य का मुद्दा भी उठाया। नेताओं ने दावा किया कि मुक्तसर जेल में उनकी तबीयत ठीक नहीं है और उन्हें बेहतर इलाज उपलब्ध कराने के साथ-साथ अमृतसर अथवा होशियारपुर जेल में स्थानांतरित किया जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि इस मांग को लेकर 30 जुलाई को अमृतसर के डिप्टी कमिश्नर के माध्यम से पंजाब सरकार को एक ज्ञापन सौंपा जाएगा। ग्रुप के नेताओं ने कहा कि उनका उद्देश्य पंजाब में पंथक विचारधारा को मजबूत करना, शहीद परिवारों को सम्मान दिलाना और मूल सिद्धांतों के आधार पर जनआंदोलन को आगे बढ़ाना है। आने वाले समय में इस संबंध में प्रदेशभर में अपना अभियान जारी रखा जाएगा।
दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान के नूरमहल आश्रम में गुरु पूर्णिमा महोत्सव उल्लास से मनाया गया। इस भव्य आयोजन में पंजाब भर से 5 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने भाग लिया। वैदिक मंत्रोच्चारण, भव्य आरती, आध्यात्मिक प्रवचन और भक्ति संगीत के माध्यम से संपूर्ण आश्रम परिसर अलौकिक ऊर्जा से सराबोर हो उठा।संत-विद्वानों ने मानव जीवन में गुरु की महत्ता, आत्ममंथन और वर्तमान समय की वैश्विक चुनौतियों में ब्रह्मज्ञान की भूमिका पर विस्तृत प्रकाश डाला।इस पावन समागम का भव्य शुभारंभ सर्वश्री आशुतोष महाराज जी के ब्रह्मज्ञानी शिष्य-शिष्याओं द्वारा किए गए पवित्र वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ हुआ। वेद-रीतियों की दिव्य ध्वनियों ने समूचे आश्रम परिसर को अलौकिक सकारात्मकता और शांति से परिपूर्ण कर दिया। पंजाब भर से पहुंचे 5 लाख से अधिक श्रद्धालु मंच का कुशल संचालन करते हुए साध्वी तपस्विनी भारती ने पंजाब के दूर-दराज भागों से पधारे 5 लाख से अधिक श्रद्धालुओं का आत्मीय अभिनंदन किया। इसके उपरांत समस्त मानवता के कल्याण, विश्व शांति, सामाजिक सद्भाव और प्रत्येक प्राणी के सुख-समृद्धि के लिए सामूहिक एवं भावपूर्ण प्रार्थना की गई। दिव्य आरती एवं विधिवत पूजन संपन्न हुआ प्रार्थना के बाद पूज्य सर्वश्री आशुतोष महाराज जी की दिव्य आरती एवं विधिवत पूजन संपन्न हुआ। सैकड़ों प्रज्वलित दीपों की पावन ज्योति, सुगंधित पुष्पों की महक और हजारों श्रद्धालुओं के एकस्वर भाव ने ऐसा आध्यात्मिक दृश्य प्रस्तुत किया, मानो हर हृदय में गुरु-भक्ति का अलौकिक दीप प्रज्वलित हो उठा हो। गुरु पूर्णिमा शिष्य के लिए आत्ममंथन की पावन कसौटी आध्यात्मिक विचारों की श्रृंखला में साध्वी वैष्णवी भारती ने कहा कि गुरु पूर्णिमा केवल एक उत्सव नहीं, बल्कि शिष्य के लिए आत्ममंथन की एक पावन कसौटी है। यह पर्व हमें यह विचार करने का अवसर देता है कि बीते 365 दिनों में हम गुरु की आज्ञाओं पर कितने खरे उतरे। सच्चा समर्पण केवल बाहरी क्रियाओं में नहीं, बल्कि गुरु के सिद्धांतों को अपने आचरण में ढालने में है। गुरु के निर्देशों का निष्काम भाव से पालन करें स्वामी मोहनपुरी ने श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए कहा कि गुरु के निर्देशों का निष्काम भाव से पालन करना और जीवन की प्रत्येक परिस्थिति में सत्य के मार्ग पर स्थिर रहना ही वास्तविक गुरु-पूजा है। जो शिष्य निष्ठा के साथ गुरु के मार्ग पर चलता है, वह संसार की प्रशंसा, निंदा या प्रतिकूल परिस्थितियों से विचलित नहीं होता। कार्यक्रम के अंतिम सोपान में स्वामी सज्जनानंद ने नूरमहल आश्रम की आध्यात्मिक महिमा पर प्रकाश डाला। वर्तमान युग की परिस्थितियों पर प्रकाश डालते हुए साध्वी मानस्विनी भारती जी ने कहा की कुटिल चाल कलिकाल चल रहा, युग की गति पहचानो। आज विश्व भर में युद्ध, प्राकृतिक असंतुलन और नैतिक मूल्यों का ह्रास देखने को मिल रहा है। ऐसे संकटपूर्ण समय में केवल ब्रह्मज्ञान से जागृत साधक ही अपने विवेक, साधना और गुरु के मार्गदर्शन के बल पर निर्भय और सुरक्षित रह सकता है।
बरनाला में मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे सफाई सेवकों, महिलाओं और यूनियन कर्मचारियों पर पुलिस द्वारा किए गए लाठीचार्ज के विरोध में 30 जुलाई को 'पंजाब बंद' की घोषणा की गई है। इस बंद के आह्वान का असर पठानकोट में भी व्यापक रूप से देखने को मिलेगा। पठानकोट के सफाई सेवक, सीवरमैन और ड्राइवर यूनियन ने हड़ताल पर जाने और पूरी तरह से कामकाज ठप्प रखने का फैसला किया है। इसका ऐलान अखिल भारतीय सफाई सेवक युनियन अध्यक्ष रमेश गिल (कट्टो प्रधान) ने किया है। वहीं, वाल्मीकि समाज ने शहर के विभिन्न बाजारों में अनाउंसमेंट करवाकर दुकानदारों को कल दुकानें बंद रखने की अपील की है। जबकि, युनियन प्रधान रमेश गिल ने शहर की व्यापारिक, सामाजिक और धार्मिक संस्थाओं को इस बंद में सहयोग देने की अपील की है। शहर के विभिन्न बाजारों में अनाउंसमेंट नगर निगम के सफाई सेवकों और वाल्मीकि समाज के लोगों की ओर से शहर के विभिन्न बाजारों और गलियों में पठानकोट बंद को लेकर अनाउंसमेंट की गई। जिसमें कर्मचारियों ने पैदल घूम-घूम कर दुकानदारों को अपील की है कि सारे दुकानदार कल यानि वीरवार को अपनी दुकानें बंद रखें और पुलिस के इस बर्बरतापूर्ण व्यवहार को लेकर किए जा रहे विरोध प्रदर्शन में शामिल हों। पठानकोट की सामाजिक-व्यापारिक संस्थाओं से समर्थन की अपील वाल्मीकि समाज और सफाई कर्मचारी संगठनों ने हाथ जोड़कर पठानकोट शहर की समस्त सामाजिक, धार्मिक और व्यापारिक संस्थाओं तथा दुकानदारों से 'पंजाब बंद' का पूर्ण समर्थन करने की अपील की है। उन्होंने आग्रह किया है कि बरनाला की घटना के विरोध में 30 जुलाई को पठानकोट शहर के बाजार और प्रतिष्ठान बंद रखकर सफाई सेवकों और वाल्मीकि समाज का साथ दिया जाए, ताकि सरकार और प्रशासन को कड़ा संदेश दिया जा सके। मासूम भाई-बहनों पर लाठीचार्ज बर्दाश्त से बाहर वाल्मीकि समाज और सफाई कर्मचारी यूनियन के नेता रमेश कट्टो ने कहा कि बरनाला में अपने अधिकारों के लिए शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रही बहनों, भाइयों और सफाई कर्मचारियों पर पुलिस और डीएसपी द्वारा किया गया लाठीचार्ज पूरी तरह से गैर-इंसानी और निंदनीय है, जिसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि गरीब सफाई सेवकों और हमारी बहनों-माताओं पर जिस तरह से लाठियां बरसाई गई हैं, वह शर्मनाक है। यदि आज हम इसके खिलाफ आवाज नहीं उठाएंगे, तो कल को किसी अन्य शहर में गरीब कर्मचारियों के साथ ऐसा ही व्यवहार होगा। सरकार तुरंत हमारी मांगों को स्वीकार करे। पठानकोट में सफाई व्यवस्था रहेगी पूरी ठप्प यूनियन के स्थानीय नेताओं और वाल्मीकि समाज के प्रतिनिधियों ने पठानकोट निगम के समस्त कर्मचारियों और वाल्मीकि समाज के लोगों से एकजुट होने की अपील की है: 10:30 बजे दफ्तर पहुंचने का आह्वान: पठानकोट के समस्त सफाई कर्मचारियों, सीवरमैनों और ड्राइवरों से अपील की गई है कि वे 30 जुलाई को सुबह 10:30 बजे नगर निगम दफ्तर (कमिशनर ऑफिस) में भारी संख्या में एकत्र हों। कामकाज ठप्प: बंद के समर्थन में शहर में सफाई व्यवस्था पूरी तरह ठप्प रखी जाएगी और कोई भी कर्मचारी काम पर नहीं जाएगा।
कपूरथला जिले की विभिन्न नगर परिषदों और नगर पंचायतों में सफाई कर्मचारियों की जारी हड़ताल के चलते बिगड़ती सफाई व्यवस्था को देखते हुए उपायुक्त (डीसी) आकाश बंसल ने तत्काल वैकल्पिक प्रबंध करने के निर्देश जारी किए हैं। सुल्तानपुर लोधी, बेगोवाल, भुलत्थ, नडाला और ढिलवां क्षेत्रों में सफाई सेवाएं प्रभावित होने के कारण जनस्वास्थ्य पर खतरा पैदा होने की आशंका जताई गई है। उपायुक्त ने बताया कि सफाई कार्य ठप होने से कई स्थानों पर कूड़े के ढेर जमा हो गए हैं। मानसून के मौसम में यह कूड़ा नालियों के जाम होने, जलभराव और मच्छरों के प्रजनन का कारण बन सकता है, जिससे डेंगू, मलेरिया और अन्य बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए उन्होंने ‘पंजाब म्यूनिसिपल एक्ट, 1911’ की धारा 233 और 234 के तहत अपने अधिकारों का प्रयोग करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। DC ने दिए वैकल्पिक प्रबंध करने के आदेश डीसी आकाश बंसल ने कार्यकारी अधिकारियों को ठेके पर कर्मचारियों की नियुक्ति, आउटसोर्स स्टाफ की सेवाएं लेने, आवश्यक वाहन एवं मशीनरी किराये पर उपलब्ध कराने तथा जरूरत पड़ने पर अन्य विभागों के कर्मचारियों की तैनाती कर सफाई कार्य तुरंत शुरू करने के लिए कहा है। साथ ही जमा हुए कूड़े के उठान, परिवहन और पर्यावरण अनुकूल निपटान को सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने अस्पतालों, डिस्पेंसरियों, स्कूलों, बाजारों, बस स्टैंडों, जल स्रोतों और अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में सफाई कार्यों को प्राथमिकता देने के लिए कहा है। इसके अलावा सिविल सर्जन और जिला स्वास्थ्य अधिकारी को प्रभावित क्षेत्रों में फॉगिंग, लार्वा नियंत्रण, डिसइन्फेक्शन और क्लोरीनेशन जैसे उपायों के लिए स्थानीय निकायों के साथ समन्वय करने के निर्देश दिए गए हैं। डीसी ने बताया कि इन आपातकालीन व्यवस्थाओं पर होने वाला खर्च संबंधित नगर परिषदों और नगर पंचायतों के म्यूनिसिपल फंड से किया जाएगा। उन्होंने भुलत्थ और सुल्तानपुर लोधी के एसडीएम तथा संबंधित कार्यकारी अधिकारियों को प्रतिदिन सफाई कार्यों की रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही लोगों से अपील की है कि किसी भी शिकायत या जानकारी के लिए जिला प्रशासन की हेल्पलाइन 01822-233777 पर संपर्क करें।
मुक्तसर जिले में गिद्दड़बाहा के गांव कोटभाई में मंगलवार देर शाम एक दर्दनाक हादसे में तीन वर्षीय मासूम फतेहवीर सिंह की छप्पड़ में डूबने से मौत हो गई। इस घटना के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव के छप्पड़ के चारों ओर न तो चारदीवारी है और न ही कोई सुरक्षा व्यवस्था, जबकि उसमें गांव का गंदा पानी एकत्र होता है। छप्पड़ में उगी झाड़ियों और सरकंडों के कारण उसकी गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता। जानकारी के अनुसार, फतेहवीर सिंह पुत्र भूपिंदर सिंह मंगलवार शाम करीब 6 बजे घर के पास खेल रहा था। इसी दौरान वह छप्पड़ के किनारे पहुंचा और अचानक पैर फिसलने से पानी में गिर गया। नहीं लौटने पर तलाश शुरू की काफी देर तक बच्चा घर नहीं लौटा तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। देर रात खोजबीन के दौरान बच्चे के पैरों के निशान छप्पड़ की ओर मिले, जिसके बाद गोताखोरों को बुलाया गया। कई घंटों की मशक्कत के बाद रात करीब 11 बजे मासूम का शव छप्पड़ से बरामद कर लिया गया। परिजनों का आरोप है कि यदि छप्पड़ की समय-समय पर सफाई करवाई जाती। उसके चारों ओर चारदीवारी बनाई जाती और उचित सुरक्षा प्रबंध किए जाते, तो यह हादसा टाला जा सकता था। घटना के बाद गांव में मातम का माहौल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि गांव के छप्पड़ों के आसपास सुरक्षा इंतजाम किए जाएं और उन्हें सुरक्षित बनाया जाए, ताकि भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
सिरसा जिले के डबवाली में बस अड्डे के पास एक गली में 17 वर्षीय छात्र से मोबाइल फोन छीनने का मामला सामने आया है। तीन बाइक सवार युवकों ने इस वारदात को अंजाम दिया। पीड़ित छात्र ने इस संबंध में थाना शहर डबवाली पुलिस को शिकायत दर्ज कराई है। जानकारी के अनुसार, फरीदकोट निवासी 17 वर्षीय संदीप पुत्र मलकीत सिंह 12वीं कक्षा का छात्र है। वह शाम को साबरमती एक्सप्रेस ट्रेन से डबवाली पहुंचा था। घटना के समय वह बस अड्डे के पास वाली गली में अपने पिता और मौसा का इंतजार कर रहा था। अपने परिजनों से बात कर रहा था छात्र रात 8:20 से 9 बजे के बीच संदीप अपने परिजनों से फोन पर बात कर रहा था। इसी दौरान बाइक पर सवार तीन युवक आए और झपट्टा मारकर उसका करीब 35 हजार रुपए कीमत का मोबाइल फोन छीन लिया। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। पीड़ित छात्र ने बताया कि वारदात के समय वह अपने पिता से फोन पर बात कर रहा था। घटना के तुरंत बाद उसने अपने परिजनों को सूचना दी, जिसके बाद परिजन मौके पर पहुंचे और पुलिस को शिकायत दर्ज कराई। पंजाब से काम के लिए आए थे छात्र के पिता संदीप के पिता मलकीत सिंह ने बताया कि वे पंजाब से डबवाली क्षेत्र में किसी काम के सिलसिले में आए थे। उनका बेटा संदीप उनसे मिलने के लिए फरीदकोट से डबवाली आया था। जब वे अपने साथियों के साथ बेटे को लेने जा रहे थे, तभी उन्हें इस घटना की जानकारी मिली। पीड़ित पक्ष ने थाना शहर डबवाली में लिखित शिकायत देकर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस घटना स्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि आरोपियों की पहचान कर उन तक पहुंचा जा सके। इस बीच, पीड़ित छात्र का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल होने की बात सामने आई है, जिसमें वह अपनी आपबीती सुना रहा है।
होशियारपुर में विजिलेंस ब्यूरो ने ब्लॉक प्राइमरी एजुकेशन ऑफिस (BPEO) हाजीपुर के एक क्लर्क को 5,000 रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। क्लर्क पर एक शिक्षिका की चाइल्ड केयर लीव (CCL) स्वीकृत करने के बदले रिश्वत मांगने का आरोप है। शिकायतकर्ता ने विजिलेंस को बताया कि उनकी पत्नी सरकारी एलिमेंट्री स्कूल, सहोरा कंडी (ब्लॉक हाजीपुर) में ईटीटी शिक्षिका हैं। उनका मूल गांव सुल्तानपुर (जिला मालेरकोटला) है, जो पोस्टिंग स्थल से लगभग 250 किलोमीटर दूर है। वे अपनी नौ महीने की बच्ची की देखभाल के लिए गांव नांगल बिहाला में किराए के मकान में रह रहे हैं। 10 हजार रुपए रिश्वत मांगने का आरोप शिकायतकर्ता के अनुसार, जब वह अपनी बच्ची की चाइल्ड केयर लीव स्वीकृत करवाने के लिए हाजीपुर स्थित बीपीईओ कार्यालय गए, तो वहां तैनात क्लर्क गगनदीप ने उनसे संपर्क किया। आरोप है कि क्लर्क ने व्हाट्सएप कॉल के जरिए छुट्टी मंजूर करने के लिए 10,000 रुपये की रिश्वत मांगी। बाद में बातचीत के बाद यह राशि 5,000 रुपये पर तय हुई। रिश्वत देने के बजाय, शिकायतकर्ता ने दूसरे मोबाइल से इस बातचीत की वीडियो और ऑडियो रिकॉर्डिंग बना ली। उन्होंने यह रिकॉर्डिंग और 5,000 रुपये की रिश्वत राशि एक पेन ड्राइव में डालकर विजिलेंस ब्यूरो को सौंप दी और आरोपी क्लर्क के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की। विजिलेंस ब्यूरो की टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए क्लर्क को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया। इस संबंध में डीएसपी विजिलेंस मंदीप सिंह शेख ने लोगों से अपील की है कि यदि सरकारी कार्यालयों में कोई भी कर्मचारी उनसे रिश्वत मांगता है, तो वे बिना किसी झिझक के सीधे विजिलेंस ब्यूरो से संपर्क करें, ताकि ऐसे भ्रष्ट कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जा सके।
लुधियाना नगर निगम की फाइनांस एंड कांट्रेक्ट कमेटी में विधायक पुत्रों की नियुक्ति को लेकर कांग्रेस पार्षद गौरव भट्टी की याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने मेयर इंद्रजीत कौर से वित्तीय फैसलों का रिकार्ड एफिडेविट समेत तलब कर दिया। याचिकाकर्ता गौरव भट्टी ने कोर्ट को बताया कि मामला विचाराधीन होने के बावजूद मेयर लुधियाना लगातार एंटीसिपेशन के नाम पर वित्तीय कार्यों को स्वीकृति दे रही हैं, जो कि सीधे सीधे हाईकोर्ट की अवमानना है। हाईकोर्ट में नगर निगम का पक्ष रखने गए ज्वाइंट कमिश्नर तपन भनोट ने कहा कि जब से याचिका दायर हुई है तब से एफएंडसीसी की मीटिंग नहीं हुई है। जिस पर कोर्ट ने मेयर इंद्रजीत कौर को नोटिस जारी करते हुए कहा है कि जब से याचिका दायर हुई तब से जो जो वित्तीय फैसले मेयर ने लिए हैं उनकी पूरी जानकारी एफिडेविट के साथ कोर्ट में दें। मामले की अगली सुनवाई सात अगस्त को की जाएगी। हाईकोर्ट में क्या क्या हुआ, जानिए… विधायक पुत्रों को एफएंडसीसी में शामिल करने पर क्यों है आपत्ति, जानिए... फाइनेंस एंड कॉन्ट्रैक्ट कमेटी के काम और अधिकार जानिए..
लुधियाना में मिलावटी, मिसब्रांडेड और नकली हेल्थ सप्लीमेंट्स के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग ने बुधवार को कार्रवाई की। जिला स्वास्थ्य विभाग की फूड सेफ्टी टीम ने टिब्बा रोड स्थित एक सप्लीमेंट स्टोर पर औचक छापेमारी कर भारी मात्रा में संदिग्ध सामग्री जब्त की। कार्रवाई के दौरान करीब 75 किलोग्राम आयातित खाली रैपर, 100 किलोग्राम न्यूट्रिशनल सप्लीमेंट्स और आर्टिफिशियल फ्लेवरिंग एसेंट के 36 डिब्बे कब्जे में लिए गए। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि आयातित खाली रैपरों की बरामदगी इस बात की ओर इशारा करती है कि इनका इस्तेमाल नकली या मिसब्रांडेड सप्लीमेंट्स की री-पैकिंग कर बाजार में बेचने के लिए किया जा सकता था। व्हे प्रोटीन समेत 4 उत्पादों के लिए सैंपल छापेमारी के दौरान टीम ने बिक्री के लिए रखे गए विभिन्न हेल्थ सप्लीमेंट्स के चार नमूने भी एकत्र किए। इनमें वेट गेनर, आइसोप्योर व्हे प्रोटीन, व्हे प्रोटीन और अल्ट्रा प्योर व्हे फॉर्मूला शामिल हैं। इन नमूनों को जांच के लिए राज्य खाद्य प्रयोगशाला भेज दिया गया है। रिपोर्ट आने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। खाली विदेशी रैपर और फ्लेवरिंग एजेंट पर विभाग को संदेह निरीक्षण के दौरान टीम को बड़ी संख्या में आयातित खाली पैकेजिंग रैपर और आर्टिफिशियल फ्लेवरिंग एजेंट मिले। अधिकारियों का मानना है कि ऐसी सामग्री का उपयोग नकली या मिसब्रांडेड हेल्थ सप्लीमेंट तैयार करने और उन्हें ब्रांडेड उत्पाद के रूप में बाजार में बेचने के लिए किया जा सकता है। इसी आशंका के चलते पूरी सामग्री को मौके पर ही जब्त कर लिया गया। केवल अधिकृत कंपनियों के उत्पाद ही बेचें: डीएचओ जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आशीष चावला ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग उपभोक्ताओं को असुरक्षित और नकली खाद्य उत्पादों से बचाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि FSSAI के नियमों के अनुसार हेल्थ सप्लीमेंट बेचने वाले प्रत्येक फूड बिजनेस ऑपरेटर के लिए केवल अधिकृत और लाइसेंसधारी उत्पादों की बिक्री करना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक उत्पाद पर FSSAI लाइसेंस नंबर, बैच नंबर, निर्माण तिथि, एक्सपायरी डेट, सामग्री का विवरण, पोषण संबंधी जानकारी तथा आयातित उत्पाद होने पर आयातकर्ता का विवरण स्पष्ट रूप से अंकित होना चाहिए। नकली सप्लीमेंट बेचने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई डॉ. चावला ने स्पष्ट किया कि बिना अनुमति के पैकेजिंग सामग्री, आयातित खाली रैपर या आर्टिफिशियल फ्लेवरिंग एजेंट का इस्तेमाल या कब्जे में रखना खाद्य सुरक्षा कानूनों का गंभीर उल्लंघन है। ऐसे पदार्थों की मदद से नकली या मिसब्रांडेड हेल्थ सप्लीमेंट तैयार कर बाजार में बेचना लोगों की सेहत से सीधा खिलवाड़ है और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
तरनतारन के झाबल थाना क्षेत्र के गांव भोजिया में पुरानी रंजिश को लेकर तीन घरों में हमला और तोड़फोड़ का मामला सामने आया है। पीड़ित परिवारों ने झाबल पुलिस थाने में शिकायत दर्ज करवाकर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। शिकायतकर्ता बिट्टू सिंह पुत्र बेला सिंह ने आरोप लगाया कि 27 जुलाई की रात करीब 12 बजे मुख्तार मसीह, हरमन मसीह, जग्गा मसीह, जसबीर मसीह, हुसन मसीह सहित कई लोग तेजधार हथियारों से लैस होकर उनके घर पहुंचे और हमला कर दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि हमलावरों ने तीन घरों में जमकर तोड़फोड़ की। पीड़ित बोला- महिलाओं के साथ मारपीट की गई पीड़ितों के अनुसार, इस दौरान महिलाओं के साथ मारपीट की गई और एक लड़की के कपड़े फाड़ने का भी आरोप है। उन्होंने बताया कि बच्चों को बिस्तर से फेंक दिया गया और घरों में रखा कीमती सामान भी क्षतिग्रस्त कर दिया गया। परिवार ने आरोप लगाया कि हमलावर समझौते के लिए रखे लाखों रुपये नकद लेकर चले गए। इसके अलावा एक मोटरसाइकिल तोड़ दी गई, जबकि दूसरी मोटरसाइकिल साथ ले जाने का आरोप लगाया गया है। जाते समय आरोपियों ने जान से मारने की धमकी भी दी। पीड़ित परिवारों ने पुलिस प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। झाबल थाना प्रभारी इंस्पेक्टर करण सिंह ने बताया कि शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मौके का निरीक्षण किया है। मामले की जांच जारी है और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
नमस्कार, पंजाब में आज की सबसे बड़ी खबर सांसद अमृतपाल से जुड़ी रही। सांसद की रिहाई को लेकर समर्थक चंडीगढ़ पुलिस से भिड़ गए। इस दौरान उन्होंने बैरिकेडिंग तोड़ दी। दिनभर की 10 चुनिंदा बड़ी खबरों को VIDEO में देखने के लिए ऊपर क्लिक करें… इन 10 बड़ी खबरों को विस्तार से यहां पढ़ भी सकते हैं। तो आइए जानते हैं, पंजाब-चंडीगढ़ में दिनभर में क्या कुछ खास रहा… 1. सांसद अमृतपाल के समर्थक चंडीगढ़ पुलिस से भिड़े पंजाब के खडूर साहिब से खालिस्तान समर्थक सांसद अमृतपाल की रिहाई के लिए चंडीगढ़ में अकाली दल (वारिस पंजाब दे) के वर्करों ने जबरदस्त प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी पुलिस को चकमा देते हुए CM भगवंत मान की चंडीगढ़ के सेक्टर 2 स्थित सरकारी कोठी के 1Km नजदीक तक पहुंच गए। इससे सीएम सिक्योरिटी भी हाई अलर्ट हो गई। तुरंत रिजर्व फोर्स मंगाई गई। चंडीगढ़ पुलिस ने भी सख्ती दिखाते हुए सीएम कोठी के करीब पहुंचे लोगों को हिरासत में ले लिया। ये प्रदर्शनकारी असम की डिब्रूगढ़ जेल में बंद सांसद अमृतपाल और सजा पूरी करने के बाद भी जेल में बंद सिखों (बंदी सिखों) की रिहाई की मांग कर रहे थे। ये प्रदर्शनकारी मंगलवार को सबसे पहले मोहाली के गुरुद्वारा अंब साहिब में इकट्ठा हुए। वहां से पैदल व गाड़ियों में इनका काफिले ने चंडीगढ़ की तरफ कूच किया। इस दौरान मोहाली में पुलिस ने उन्हें नहीं रोका लेकिन चंडीगढ़ बॉर्डर तक जरूर साथ में गई। जब प्रदर्शनकारी मोहाली से चंडीगढ़ में सेक्टर- 45 से घुसे तो वहां गौशाला चौक पर पुलिस ने बैरिकेडिंग कर रखी थी। थोड़ी बहस के बाद प्रदर्शनकारियों ने पुलिस की बैरिकेडिंग तोड़ डाली। पुलिस के लगाए बैरिकेड उठाकर फेंक दिए। यह देखकर पुलिस ने वाटर कैनन से पानी की बौछारें मार दी। (पढ़ें पूरी खबर) 2. पूर्व CM चन्नी के बागी तेवर, पार्टी से अलग कार्यक्रम पंजाब कांग्रेस में चल रही गुटबाजी पर अब हाईकमान आर-पार के मूड में है। हाईकमान गुटबाजी पर स्ट्रिक्ट एक्शन लेने से पहले ग्राउंड रियलिटी चेक करना चाहता है। इसलिए, प्रदेश प्रभारी भूपेश बघेल को पंजाब भेजा है। वह ग्राउंड पर आकर ब्लॉक लेवल से लेकर तमाम नेताओं से चन्नी गुट का फीडबैक लेंगे। कल (30 जुलाई) से भूपेश बघेल 10 दिन के पंजाब दौरे पर आ रहे हैं। वह 9 दिन में जिला कार्यकारिणी, ब्लॉक कार्यकारिणी के पदाधिकारियों और 2022 में चुनाव लड़ चुके नेताओं के साथ-साथ संबंधित जिलों के विधायकों व सांसदों के साथ बैठक करेंगे। इसी बीच पूर्व CM चन्नी ने भी अपने बागी तेवर दिखा दिए हैं। उन्होंने आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार में फार्मेसी पेपर लीक मामले में आज एक पोस्टर जारी किया है, जिसमें उन्होंने कांग्रेस पार्टी का निशान नहीं लगाया। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि चन्नी ने पोस्टर में कांग्रेस का चिह्न न लगाकर बताया है कि पार्टी से हटकर कार्यक्रम है। विद्यार्थियों की ओर से बाबा फरीद यूनिवर्सिटी फरीदकोट में होने वाले रोष धरने में वह अपने पर्सनल इमेज के साथ शामिल होंगे। (पढ़ें पूरी खबर) 3. PhD स्कॉलर छात्रा की मौत, 2 इंजीनियर सस्पेंड चंडीगढ़ में पंजाब यूनिवर्सिटी (PU) की PhD स्कॉलर ज्योति की मौत के बाद PU प्रशासन ने बुधवार को 2 इंजीनियरों को सस्पेंड कर दिया। इनमें एग्जीक्यूटिव इंजीनियर-2 (अतिरिक्त प्रभार) अनिल ठाकुर और सब डिविजनल इंजीनियर (इलेक्ट्रिकल) लखविंदर सिंह धनोआ शामिल हैं। यूनिवर्सिटी की ओर से जारी दो अलग-अलग कार्यालय आदेशों में कहा गया है कि दोनों अधिकारियों को छात्रा की मौत मामले की चल रही जांच पूरी होने या अगले आदेश तक निलंबित रखा जाएगा। बुधवार को ज्योति के शव का पोस्टमॉर्टम भी हो गया। उसके परिजन शव लेकर महेंद्रगढ़ (हरियाणा) चले गए हैं। बता दें कि मंगलवार को यूनिवर्सिटी में करंट लगने से ज्योति की मौत हो गई थी। इसके बाद स्टूडेंट्स ने वाइस चांसलर (VC) के ऑफिस का घेराव कर हंगामा किया। देर रात तक चले हंगामे के बीच ही ज्योति के परिजन भी PU पहुंच गए। उनके साथ चली लंबी बातचीत के बाद PU प्रशासन ने मृतका के भाई को नौकरी और परिवार को मुआवजे के तौर पर 16 लाख रुपए देने का आश्वसन दिया। मृतका के भाई ने 12वीं के साथ ITI (इलेक्ट्रिकल) की है। उसे PU में इलेक्ट्रिशियन के पद पर नियुक्ति दी जाएगी। (पढ़ें पूरी खबर) 4. सरकार ने अकाल तख्त को सौंपा बेअदबी कानून संशोधित ड्राफ्ट पंजाब सरकार ने बुधवार को श्री अकाल तख्त साहिब को बेअदबी कानून के विवादित प्रावधानों पर संशोधित ड्राफ्ट सौंपा। विधायक डॉ. इंद्रबीर सिंह निज्जर और डीसी दलविंदरजीत सिंह ने सरकार का पक्ष और संशोधित मसौदा (ड्राफ्ट) श्री अकाल तख्त साहिब सचिवालय में प्रभारी बगीचा सिंह को सौंप दिया। विधायक डॉ. इंद्रबीर सिंह निज्जर ने कहा कि श्री अकाल तख्त साहिब की ओर से बेअदबी कानून के मसौदे पर जो भी आपत्तियां जताई गई थीं, उन्हें पंजाब सरकार ने संशोधित ड्राफ्ट में दूर कर दिया है। अब यह मसौदा श्री अकाल तख्त साहिब सचिवालय के पास है, जहां इसका अध्ययन किया जाएगा। इसके बाद सचिवालय की ओर से जो भी निर्णय या सुझाव आएगा। डॉ. निज्जर ने बताया कि दस्तावेज सौंपे जाने के समय जत्थेदार साहिब मौजूद नहीं थे। (पढ़ें पूरी खबर) 5. भागकर लव मैरिज, 8 महीने बाद मौत लुधियाना में अरविंद और मुस्कान ने घरवालों की मर्जी के खिलाफ जाकर लव मैरिज की। कुछ महीनों तक मुस्कान के परिजन ने उनसे दूरी बनाकर कर रखी। बाद में पंचायती राजीनामा हुआ और मुस्कान के परिजन ने उन्हें अपने घर के नजदीक किराए के एक घर में रखा। 8 महीने बाद अचानक अरविंद की मौत हो गई। अरविंद के भाई गोबिंद का आरोप है कि मुस्कान के परिजन अरविंद से रंजिश रखते थे, क्योंकि उसने मुस्कान के साथ भागकर शादी की थी। गोबिंद का कहना है- अरविंद के ससुर ने मौत से कुछ घंटे पहले मेरी मां को फोन पर कहा था कि ये कल जेल जाएगा। अरविंद के ससुराल वालों ने ही उसकी हत्या की है। कह रहे हैं कि उसे सांप ने डंसा है, लेकिन असल में उसे जहर देकर मारा है। अरविंद के परिजन ने जब हत्या का आरोप लगाया तो इसी विवाद में 3 दिन तक शव सिविल अस्पताल की मॉर्च्युरी में पड़ा रहा। अब पुलिस ने डॉक्टरों के बोर्ड से शव का पोस्टमॉर्टम करवा दिया और परिजन ने उसका अंतिम संस्कार कर दिया। (पढ़ें पूरी खबर) 6. कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के खिलाफ वारंट जारी संगरूर कोर्ट ने कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के खिलाफ वारंट जारी किया है। उन्हें अदालत में पेश होने का आदेश दिया गया है। उनके वकील एडवोकेट ललित गर्ग ने इस कार्रवाई की जानकारी दी। यह मामला 2023 का है, जब संगरूर निवासी हितेश भारद्वाज (बजरंग दल सदस्य) ने खड़गे के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। खड़गे पर आरोप है कि उन्होंने कर्नाटक विधानसभा चुनाव के घोषणापत्र में बजरंग दल पर गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने बजरंग दल की तुलना पाकिस्तानी आतंकवादी संगठन पीएफआई से की थी और कहा था कि सत्ता में आने पर वे इस संगठन पर प्रतिबंध लगा देंगे। कोर्ट ने इसे आपराधिक मामला बना दिया है। यदि मल्लिकार्जुन खड़गे इस मामले में पेश नहीं होते हैं, तो अदालत उनके खिलाफ गैर-जमानती वारंट भी जारी कर सकती है। मामले की अगली सुनवाई 19 सितंबर, 2026 को निर्धारित की गई है। (पढ़ें पूरी खबर) 7. रेशम अनमोल बोले- मैंने कोई प्रोपेगेंडा नहीं किया पंजाबी सिंगर रेशम अनमोल ने कुछ दिन पहले एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल से अपनी 1.55 करोड़ रुपए की डिफेंडर खराब होने का एक वीडियो पोस्ट किया था। वीडियो सामने आने के बाद कई लोगों ने रेशम अनमोल को ट्रोल करना शुरू कर दिया और आरोप लगाया कि उन्होंने पैसे लेकर यह प्रोपेगेंडा किया है। रेशम अनमोल ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर एक और वीडियो पोस्ट कर कहा कि उन्होंने कोई प्रोपेगेंडा नहीं किया है। उन्होंने बताया कि उनकी डिफेंडर कार मई में खराब हुई थी, जिसके बाद वह उसे वर्कशॉप लेकर गए। वहां जांच में पता चला कि फ्यूल पंप में खराबी थी। रेशम अनमोल का कहना है कि कुछ दिन पहले उन्होंने कई पेट्रोल पंपों पर जाकर शुद्ध पेट्रोल की तलाश की, लेकिन उन्हें यह नहीं मिल पाया, जिससे वह परेशान हुए। उन्होंने वीडियो केवल इसलिए पोस्ट किया था ताकि सभी पेट्रोल पंपों पर शुद्ध पेट्रोल की व्यवस्था सुनिश्चित हो सके। उन्होंने मांग की कि सरकार पेट्रोल पंपों पर नोटिस बोर्ड लगाकर यह जानकारी दे कि पेट्रोल में कितना एथेनॉल मिलाया गया है। (पढ़ें पूरी खबर) 8. कनाडा में पंजाबी युवक को फेंटानिल पिलाकर मारा कनाडा के चेस्टर्मेयर में रहने वाले पंजाबी युवक की मौत मामले में अल्बर्टा पुलिस ने पांच साल लंबी जांच के बाद बड़ा खुलासा किया है। जांच में सामने आया है कि साहिल की मौत कफ सिरप में जानलेवा दवा फेंटानिल मिलाकर पिलाने से हुई थी। इस मामले में पुलिस ने तीन युवकों के खिलाफ फर्स्ट-डिग्री मर्डर और हत्या के प्रयास जैसी गंभीर धाराओं के तहत कार्रवाई की है। पुलिस का मानना है कि यह जहरीला मिश्रण किसी अन्य युवक को देने की योजना के तहत तैयार किया गया था, लेकिन गलती से साहिल ने इसका सेवन कर लिया, जिससे उसकी मौत हो गई। 3 अप्रैल 2020 को साहिल ग्रेवाल (18) ने गलती से फेंटानिल मिला हुआ कफ सिरप पी लिया था। इसके तुरंत बाद उसकी तबीयत बिगड़ गई। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। अस्पताल में तीन दिनों तक जिंदगी और मौत से जूझने के बाद 6 अप्रैल 2020 को साहिल ने दम तोड़ दिया। (पढ़ें पूरी खबर) 9. भज्जी बोले- हौसला न हारो, मैं मैदान बनाऊंगा पूर्व क्रिकेटर और पंजाब से राज्यसभा सदस्य हरभजन सिंह भज्जी ने रोपड़ के सरकारी कॉलेज के खेल मैदान का वीडियो पोस्ट किया। भज्जी ने पंजाब सरकार के कार्यक्रम के लिए तहस नहस किए गए प्ले ग्राउंड को फिर से बनवाने का भरोसा दिया है। भज्जी ने वीडियो के साथ कमेंट करते हुआ लिखा कि कोई बात नहीं, हौसला मत हारो दोस्तों। पंजाब सरकार अगर इस ग्राउंड को ठीक नहीं करवाती है, तो आप मुझे बताओ, मैं ठीक करवा कर देता हूं। पंजाब को दोबारा खेलों में बुलंदियों पर देखने का सपना है । वाहेगुरु मेहर करे। रोपड़ के स्थानीय लोगों और खेलने आने वालों ने कहा कि सरकारी कॉलेज के इस मैदान को पैसे एकत्रित कर सही किया था। बुधवार को जब वह प्रैक्टिस के लिए आए तो पंजाब सरकार ने कार्यक्रम के लिए इसमें टैंट के पाइप गाड़ना शुरू कर दिए थे। मैदान की हालत को देखकर उनकी आंखों में आंसू आ रहे हैं। हमें लगता है कि फिर से इस मैदान को बनवना पाना मुश्किल हो जाएगा। हम कार्यक्रम का विरोध नहीं करते लेकिन कार्यक्रम के लिए दूसरी जगह भी चुनी जा सकती थी। (पढ़ें पूरी खबर) खबर जरा हटके… 10. जिम ट्रेनर ने टी-शर्ट निचोड़ पसीना पिलाया अमृतसर में एक जिम ट्रेनर ने अपने चेले को टी-शर्ट निचोड़कर अपना पसीना पिला दिया। बीते शनिवार (25 जुलाई) को इसका वीडियो सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया। 8 सेकेंड के इस वीडियो में जिम ट्रेनर अपने चेले से कहता है- अगर तूने इसे पी लिया, तो तू तगड़ा हो जाएगा। इस वीडियो के अपलोड होने के बाद जिम ट्रेनर को जमकर ट्रोल किया गया, जिससे उसे सोमवार (27 जुलाई) को नया वीडियो जारी कर माफी मांगनी पड़ी। साथ ही विवादित वीडियो डिलीट करना पड़ा। उसने कहा उसने यह वीडियो अपलोड नहीं किया। उसके चेले ने ही यह वीडियो सोशल मीडिया पर डाल दिया। अब उसे गालियां पड़ रही हैं। अमृतसर में तरनतारन रोड पर द रॉक जिम चलाने वाले ट्रेनर तेजबीर सिंह राणा उर्फ राणारॉक ने कहा- वीडियो से जिनकी भी भावनाएं आहत हुई हैं, मैं उनसे माफी मांगता हूं। भविष्य में मैं इस तरह की कोई वीडियो अपलोड नहीं करूंगा। कंटेंट सोच समझकर बनाया जा जाएगा। (पढ़ें पूरी खबर) (कल शाम 6 बजे फिर होगी मुलाकात)
बठिंडा से सांसद हरसिमरत कौर बादल ने संसद में पंजाब में कथित पेपर लीक मामलों का मुद्दा उठाते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से राज्य में पिछले चार वर्षों के दौरान सामने आए छह प्रमुख परीक्षा घोटालों की केंद्रीय एजेंसी से जांच करवाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि इन मामलों से लगभग पांच लाख छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है और उन्हें न्याय दिलाने के लिए निष्पक्ष जांच आवश्यक है। संसद में अपनी बात रखते हुए हरसिमरत कौर बादल ने आरोप लगाया कि पंजाब में भर्ती परीक्षाओं और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में अनियमितताएं लगातार बढ़ रही हैं। उन्होंने कहा कि पेपर लीक और परीक्षा घोटाले अब आम बात बन चुके हैं, जिससे युवाओं का भर्ती प्रक्रियाओं पर विश्वास कमजोर हो रहा है। उन्होंने दावा किया कि विभिन्न सरकारी विभागों की भर्ती परीक्षाओं में बार-बार सामने आए विवादों ने राज्य सरकार की निष्पक्ष भर्ती कराने की क्षमता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। सांसद बादल ने कहा कि कई मामलों में विवाद अदालतों तक पहुंचे हैं और कुछ परीक्षाओं की प्रक्रिया पर न्यायालयों द्वारा रोक भी लगाई गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने के बजाय मामलों को दबाने की कोशिश कर रही है। उनके अनुसार, सरकार सार्वजनिक रूप से पेपर लीक की घटनाओं से इनकार करती रही है। उन्होंने मुख्यमंत्री भगवंत मान के मार्च 2023 के उस बयान का भी उल्लेख किया, जिसमें पंजाब राज्य शिक्षक पात्रता परीक्षा (PSTET) का पेपर लीक होने की बात कही गई थी। इसके अलावा हाल ही में चर्चा में आए फार्मेसी अधिकारी भर्ती परीक्षा विवाद का जिक्र करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि परीक्षा में बड़े स्तर पर अनियमितताएं हुईं और कुछ उम्मीदवारों को ब्लूटूथ उपकरणों के माध्यम से अनुचित लाभ पहुंचाया गया। हरसिमरत कौर बादल ने दावा किया कि पंजाब में पिछले चार वर्षों के दौरान नायब तहसीलदार भर्ती परीक्षा, टीईटी परीक्षा, पीएसईबी की बारहवीं कक्षा की अंग्रेजी परीक्षा, कृषि विकास अधिकारी परीक्षा, फार्मेसी अधिकारी भर्ती परीक्षा तथा पीएसएसएसबी ग्रुप-बी अधिकारी परीक्षा समेत कई मामलों में गंभीर सवाल उठे हैं। उन्होंने कहा कि इन घटनाओं से लाखों छात्र प्रभावित हुए हैं और परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता को नुकसान पहुंचा है। सांसद ने यह भी आरोप लगाया कि संबंधित विभागों और परीक्षा आयोजित करने वाली एजेंसियों की कार्यप्रणाली में गंभीर खामियां सामने आने के बावजूद शीर्ष अधिकारियों और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने कहा कि जनता अब इन मामलों की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच चाहती है। हरसिमरत कौर बादल ने केंद्रीय गृह मंत्री से अनुरोध किया कि पंजाब में कथित पेपर लीक और भर्ती घोटालों की केंद्रीय स्तर पर जांच करवाई जाए, ताकि प्रभावित छात्रों को न्याय मिल सके और दोषियों को कानून के अनुसार कड़ी सजा दी जा सके। उन्होंने कहा कि निष्पक्ष जांच से ही युवाओं का परीक्षा और भर्ती प्रणाली पर भरोसा बहाल किया जा सकता है।
स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के 'स्वच्छ सर्वेक्षण ग्रामीण-2025' में मालेरकोटला जिले ने महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। जिले ने पंजाब में पहला, उत्तरी क्षेत्र में दूसरा और देश भर में 19वां स्थान प्राप्त किया है। इस सफलता पर डिप्टी कमिश्नर विराज एस. तिड़के ने जल आपूर्ति एवं सैनिटेशन विभाग की टीम को बधाई दी। उन्होंने बताया कि यह उपलब्धि प्रभावी योजना, निरंतर निगरानी और ग्राम स्तर पर किए गए अथक प्रयासों का परिणाम है। उन्होंने पूर्व कार्यकारी इंजीनियर (XEN) गुरविंदर सिंह ढींडसा के नेतृत्व की भी सराहना की। DC ने दी जानकारी डिप्टी कमिश्नर ने आगे जानकारी दी कि ग्राम पंचायतों, स्वच्छ भारत मिशन और ग्रामीण विकास एवं पंचायत विभाग के सहयोग से कई विशेष पहल की गईं। इन पहलों में ठोस और तरल कचरा प्रबंधन, प्लास्टिक मुक्त गांव बनाना, नियमित सफाई अभियान और जन-जागरूकता कार्यक्रम शामिल थे। इन सभी प्रयासों को ग्रामीणों और सामाजिक संस्थाओं का भरपूर सहयोग मिला। डिप्टी कमिश्नर ने कहा कि यह सम्मान पूरे प्रशासन, ग्राम पंचायतों, सफाई कर्मचारियों और जिले के निवासियों के साझा प्रयासों का परिणाम है। उन्होंने भविष्य में भी स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण के लिए इसी प्रतिबद्धता के साथ काम जारी रखने का आश्वासन दिया।
लुधियाना के भदौड़ हाउस के पास बुधवार तड़के एक स्विफ्ट कार में आग लगने से हड़कंप मच गया। कार क्रॉकरी कारोबारी की बताई जा रही है। पीड़ित का आरोप है कि सीसीटीवी फुटेज में एक संदिग्ध नशेड़ी की गतिविधियां दिखाई दे रही हैं, जिससे आशंका है कि उसी ने कार में आग लगाई। आग लगने से कार पूरी तरह जलकर कबाड़ में तब्दील हो गई। कार मालिक तरुण ने बताया कि वह क्रॉकरी की दुकान चलाते हैं और उनकी स्विफ्ट कार पिछले करीब पांच वर्षों से रोजाना दुकान के बाहर ही खड़ी रहती थी। मंगलवार तड़के करीब 4:15 बजे उन्हें किसी व्यक्ति का फोन आया कि उनकी कार में आग लगी हुई है। दमकल विभाग की टीम ने किया कंट्रोल सूचना मिलते ही वह मौके पर पहुंचे। तब तक दमकल विभाग की टीम भी पहुंच चुकी थी। दमकल कर्मियों ने पानी की बौछारें मारकर आग पर काबू पा लिया, लेकिन तब तक कार बुरी तरह जल चुकी थी। तरुण ने बताया कि आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज देखने पर एक संदिग्ध व्यक्ति दिखाई दिया है। फुटेज में वह दुकान के आसपास घूमता नजर आता है और कुछ देर बाद कूड़ा उठाकर कार की ओर जाता दिखाई देता है। इसके बाद जब वह वहां से लौटता है तो कुछ ही देर में कार में आग लग जाती है। घटनास्थल से प्लास्टिक के गिलास और अन्य सामान भी बरामद हुआ है, जिससे आगजनी की आशंका और मजबूत हुई है। 8 लाख में खरीदी थी कार कार मालिक के अनुसार, जब उन्होंने यह कार खरीदी थी, तब उसकी कीमत करीब ₹8 लाख थी। आग लगने के बाद वाहन पूरी तरह जल चुका है और अब केवल कबाड़ बनकर रह गया है, जिससे उन्हें लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। घटना की सूचना पुलिस को दे दी गई है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज और मौके से मिले साक्ष्यों के आधार पर संदिग्ध की पहचान करने में जुटी है। वहीं, आग लगने के वास्तविक कारणों की भी जांच की जा रही है।
मानसा पुलिस ने शहर में कैफे के नाम पर चल रहे कई होटलों पर छापेमारी की है। इस दौरान कई प्रेमी जोड़ों को हिरासत में लिया गया। पुलिस का दावा है कि ये होटल संचालक स्कूल और कॉलेज की छात्राओं को भी कमरे उपलब्ध कराते थे। पुलिस मामले में आगे की कार्रवाई कर रही है। कितने जोड़ों को हिरासत में लिया गया है अभी इसकी पुष्टि नहीं हो पाई है। शहर में कैफे की आड़ में चल रहे कुछ होटलों द्वारा स्कूल और कॉलेज की छात्राओं सहित प्रेमी जोड़ों को कमरे उपलब्ध कराए जाने की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। इन शिकायतों को लेकर शहरवासियों द्वारा मानसा पुलिस पर सवाल भी उठाए जा रहे थे। इन्हीं शिकायतों पर मानसा पुलिस ने आज शहर के कई कैफे और होटलों में छापेमारी की। मानसा के डीएसपी हरजिंदर सिंह गिल ने बताया कि थाना सिटी-2 पुलिस को कचहरी रोड स्थित एक होटल के बारे में सूचना मिली थी। सूचना में कहा गया था कि होटल संचालक स्कूल और कॉलेज की छात्राओं को कमरे दे रहे हैं। होटल संचालकों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई इस सूचना के आधार पर पुलिस ने छापेमारी की, जिसके दौरान मौके से कई प्रेमी जोड़ों को हिरासत में लिया गया। डीएसपी गिल ने बताया कि मामले की जांच और कानूनी कार्रवाई जारी है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं, तो होटल संचालकों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पटियाला पुलिस ने अबचल नगर में 25 जुलाई की रात एक घर पर हुए पेट्रोल बम हमले की गुत्थी सुलझाने का दावा किया है। पुलिस के अनुसार यह वारदात किसी गैंगवार या आतंकी गतिविधि का परिणाम नहीं थी, बल्कि रंजिश के कारण हुई थी। इस मामले में 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। एसपी सिटी पलविंदर सिंह चीमा ने बताया कि कुछ बाइक सवार युवक परमिंदर सिंह के घर पहुंचे थे। उन्होंने बीयर की बोतल में पेट्रोल भरकर, कपड़े की बत्ती लगाकर एक पेट्रोल बम तैयार किया और उसे घर की ओर फेंक दिया। इस घटना के बाद इलाके में दहशत फैल गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी सिटी पलविंदर सिंह चीमा, एसपी सुख अमृत सिंह रंधावा और सीआईए इंचार्ज प्रदीप सिंह बाजवा के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया था। गुप्त सूचना और तकनीकी जांच के आधार पर पुलिस ने हर्षजीत सिंह उर्फ हर्ष, परमेश्वर और हरविंदर सिंह उर्फ जॉनी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी हरविंदर ने साथियों के साथ मिलकर रची साजिश पुलिस जांच में सामने आया कि मुख्य आरोपी हरविंदर सिंह उर्फ जॉनी का कुछ समय पहले परमिंदर सिंह से विवाद हुआ था। दोनों के बीच पुरानी रंजिश चली आ रही थी। इसी रंजिश का बदला लेने के लिए जॉनी ने अपने दोनों साथियों के साथ मिलकर इस हमले की साजिश रची और पेट्रोल बम से वारदात को अंजाम दिया। जमानत पर चल रहे आरोपी पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए तीनों आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड है। वे पहले से दर्ज मामलों में जमानत पर बाहर थे। फिलहाल, पुलिस उनसे गहन पूछताछ कर रही है ताकि इस मामले से जुड़े अन्य तथ्यों और संभावित अन्य आरोपियों का भी खुलासा किया जा सके।
कपूरथला जिले में अवैध शराब के कारोबार पर शिकंजा कसते हुए आबकारी विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। गांव नवां पिंड भट्ठे में आबकारी विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने छापेमारी की। इस अभियान के तहत अवैध शराब के निर्माण और आपूर्ति में संलिप्त एक बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश किया गया। छापेमारी के दौरान एक मकान के बेडरूम और बाथरूम के बीच बने कंक्रीट के फर्श के नीचे लगभग 1000 लीटर क्षमता का एक अंडरग्राउंड टैंक बरामद किया गया। इसके साथ ही शराब बनाने में इस्तेमाल होने वाला पाइपलाइन सिस्टम, टुल्लू पंप और 270 लीटर अवैध शराब अन्य उपकरण भी मिले। जिला आबकारी अधिकारी सुखजीत सिंह चहल ने बताया कि डिप्टी कमिश्नर (आबकारी) जालंधर जोन रंजीत सिंह और असिस्टेंट कमिश्नर (आबकारी) कपूरथला रेंज नवजीत सिंह के निर्देशों पर जिले में अवैध शराब के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। लंबे समय से अवैध शराब की कर रहे थे तस्करी प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि मुख्य आरोपी लंबे समय से अवैध शराब का कारोबार कर सरकारी राजस्व को भारी नुकसान पहुंचा रहा था। विभाग के अनुसार, इस तरह का अवैध कारोबार न केवल राजस्व की चोरी है, बल्कि लोगों के स्वास्थ्य के लिए भी गंभीर खतरा पैदा कर सकता है। इस मामले में सुखजीत सिंह उर्फ जीती और अजीत सिंह के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। फगवाड़ा-कपूरथला के अफसरों ने चलाया अभियान जिला आबकारी अधिकारी ने बताया कि इस अभियान में आबकारी इंस्पेक्टर सिमरनप्रीत सिंह (कपूरथला सर्कल), जतिंदरपाल सिंह (भुलत्थ सर्कल), सिमरनप्रीत सिंह (फगवाड़ा वेस्ट सर्कल), आबकारी पुलिस स्टाफ और स्थानीय पुलिस ने अहम भूमिका निभाई। उन्होंने कहा कि जिले में अवैध शराब के कारोबार को पूरी तरह समाप्त करने के लिए आगे भी इसी तरह सघन छापेमारी अभियान जारी रहेगा।
मौलाना मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय के 38 भवनों को ध्वस्त करने के आदेश पर फिलहाल लगी रोक के बीच उत्तर प्रदेश की सियासत एक बार फिर गरमा गई है। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के उत्तर प्रदेश प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम के बुधवार को जौहर विश्वविद्यालय पहुंचने और बाद में समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता मोहम्मद आजम खां की पत्नी एवं पूर्व सांसद तंजीन फातिमा से मुलाकात करने को राजनीतिक रूप से अहम माना जा रहा है।
लुधियाना जिले की पायल नगर कौंसिल पर आम आदमी पार्टी (AAP) ने कब्जा कर लिया है। बुधवार को हुए चुनाव में AAP पार्षद बलजिंदर कौर को सर्वसम्मति से अध्यक्ष चुना गया। यह क्षेत्र पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री स्व. बेअंत सिंह का राजनीतिक गढ़ माना जाता है। पायल नगर कौंसिल के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पदों के लिए हुए चुनाव में बलजिंदर कौर के साथ ही बूटा सिंह राणो को सीनियर उपाध्यक्ष और दानो रानी को उपाध्यक्ष चुना गया। ये सभी आम आदमी पार्टी के पार्षद हैं। हलका विधायक मनविंदर सिंह ग्यासपुरा विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को बधाई देते हुए कहा कि पायल के इतिहास में यह पहली बार है कि पारंपरिक राजनीतिक दलों के बजाय आम आदमी पार्टी ने नगर कौंसिल का नेतृत्व संभाला है। उन्होंने इसे क्षेत्र की जनता के विश्वास और बदलाव की राजनीति पर मुहर बताया। लोगों ने सरकार की जनहितैषी नीतियों पर जताया भरोसा: ग्यासपुरा विधायक ग्यासपुरा ने कहा कि पायल के लोगों ने पार्टी सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल और मुख्यमंत्री भगवंत मान की जनहितैषी नीतियों पर भरोसा जताया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि नगर कौंसिल के माध्यम से शहर का विकास बिना किसी भेदभाव के किया जाएगा और हर वार्ड में समान रूप से विकास कार्य कराए जाएंगे। आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने मनाया जश्न नगर कौंसिल के नए नेतृत्व के चुनाव के बाद आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं और समर्थकों में भारी उत्साह देखा गया। समर्थकों ने ढोल की थाप पर भांगड़ा डालकर जीत का जश्न मनाया और एक-दूसरे को मिठाइयां खिलाईं। पार्टी नेताओं ने इसे पायल के विकास और नई राजनीतिक शुरुआत की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की मलेरकोटला जिला इकाई ने संगठन को मजबूत करने के उद्देश्य से अपनी जिला टीम का विस्तार किया है। इस विस्तार के तहत कई नई नियुक्तियों की घोषणा की गई है। भाजपा के जिला अध्यक्ष जगत कथूरिया ने इन नियुक्तियों की घोषणा की। उन्होंने गुलशन कुमार को अनुसूचित जाति (एससी) मोर्चा का जिला अध्यक्ष, संजीव चौधरी को जिला उपाध्यक्ष और ऋषभ गर्ग तथा राम धन सरोए को जिला सचिव नियुक्त किया है। इस अवसर पर कथूरिया ने सभी नव-नियुक्त पदाधिकारियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि भाजपा अपने मेहनती और समर्पित कार्यकर्ताओं को संगठन में उचित स्थान देती है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि ये पदाधिकारी पार्टी की विचारधारा और नीतियों को जन-जन तक पहुंचाने, संगठन को बूथ स्तर तक सशक्त बनाने और समाज सेवा के कार्यों में पूरी निष्ठा से योगदान देंगे। प्रत्येक कार्यकर्ता के सहयोग से पार्टी बनेगी सशक्त कथूरिया ने आगे कहा कि संगठन की मजबूती ही भारतीय जनता पार्टी की सबसे बड़ी शक्ति है। उन्होंने जोर दिया कि प्रत्येक कार्यकर्ता के सहयोग से जिला मलेरकोटला में पार्टी को और अधिक सशक्त बनाया जाएगा।
फरीदकोट में फार्मेसी अफसर भर्ती परीक्षा विवाद को लेकर बुधवार को कांग्रेस पार्टी ने बाबा फरीद यूनिवर्सिटी के समक्ष धरना दिया। पूर्व विधायक कुशलदीप सिंह किक्की ढिल्लों के नेतृत्व में दिए धरने में पूर्व मुख्यमंत्री एवं सांसद चरनजीत सिंह चन्नी विशेष रूप से शामिल हुए। धरने को संबोधित करते हुए चरणजीत सिंह चन्नी ने आरोप लगाया कि आप सरकार ने अपने साढ़े चार साल के कार्यकाल में एक भी सरकारी नौकरी निष्पक्ष तरीके से नहीं दी। भर्ती परीक्षाओं में बड़े स्तर पर धांधली हुई है और अपने चहेतों को नौकरी दिलाने के लिए हर तरह के हथकंडे अपनाए गए। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ता में आने के बाद इस पार्टी के नेताओं ने केवल पैसा बटोरने का काम किया। धरने में विधायक राणा गुरजीत सिंह, विधायक तृप्त राजिंदर सिंह बाजवा, विधायक सुखविंदर सिंह पहाड़ा, पूर्व मंत्री भारत भूषण आशु, पूर्व विधायक रमिंदर सिंह आंवला, पूर्व सांसद मोहम्मद सादिक, कर्ण कौर बराड़, पूर्व विधायक दर्शन सिंह बराड़, पूर्व विधायक काका लौहगढ़ आदि शामिल हुए। चन्नी बोले- यह केवल पेपर लीक या हाईटेक नकल का मामला नहीं इस मौके पर पूर्व सीएम चन्नी ने कहा कि यह केवल पेपर लीक या हाईटेक नकल का मामला नहीं है, बल्कि पंजाब के युवाओं और विद्यार्थियों के भविष्य से खिलवाड़ किया जा रहा है। प्रदेश में सरकारी नौकरियां बेची जा रही हैं और चहेते लोगों को दी जा रही हैं। कई मामलों में हरियाणा के लोगों को नौकरियां दी गई हैं। पंजाब में कांग्रेस सरकार बनने पर हर भर्ती का हिसाब लिया जाएगा। धरने से पहले पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी ने नगर काउंसिल कार्यालय के सामने चल रहे सफाई सेवकों के धरने तथा जिला अदालत परिसर में वकीलों के धरने में भी पहुंचकर उनका समर्थन किया। उन्होंने उनकी मांगों की आवाज़ संसद में उठाने का भरोसा दिया। धरने में भी झलकी पंजाब कांग्रेस की गुटबंदी इस धरने से पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष राजा वड़िंग के गुट से जुड़े जिलाध्यक्ष नवदीप सिंह बब्बू बराड़ व अन्य नेताओं ने न सिर्फ दूरी बनाकर रखी बल्कि उन्होंने इसी मामले में 31 जुलाई को धरने की अलग से घोषणा की है जिसमें खुद राजा वड़िंग शामिल होंगे।
कपूरथला में सफाई कर्मचारियों की हड़ताल जारी है, जिससे शहर की सफाई व्यवस्था चरमरा गई है। जगह-जगह कूड़े के ढेर लगने से लोगों को परेशानी हो रही है। इस बीच, नगरपालिका कर्मचारी संगठन ने बरनाला लाठीचार्ज के विरोध और लंबित मांगों को लेकर 30 जुलाई को पूरे पंजाब में बंद का ऐलान किया है। हालांकि, मेडिकल स्टोर और आपातकालीन सेवाएं इस दौरान जारी रहेंगी। नगरपालिका कर्मचारी संगठन के प्रदेश अध्यक्ष गोपाल थापर ने बताया कि पंजाब सरकार के प्रतिनिधियों के साथ हुई उच्च स्तरीय बैठक बेनतीजा रही। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने कर्मचारियों की किसी भी मांग पर सहमति नहीं जताई, जिसके बाद आंदोलन तेज करने का निर्णय लिया गया है। थापर ने की सरकार के रवैये की निंदा थापर ने सरकार के रवैये की निंदा करते हुए कहा कि बरनाला में सफाई कर्मचारियों पर हुए लाठीचार्ज के जिम्मेदार पुलिस अधिकारियों के खिलाफ अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक सरकार कर्मचारियों की सभी मांगें स्वीकार नहीं करती, हड़ताल अनिश्चितकाल तक जारी रहेगी। उन्होंने चेतावनी दी कि 30 जुलाई को 'पंजाब बंद' के दौरान आम जनता को होने वाली किसी भी असुविधा या आर्थिक नुकसान की पूरी जिम्मेदारी पंजाब सरकार की होगी। हड़ताल के कारण कपूरथला सहित कई शहरों में सफाई व्यवस्था प्रभावित है और कूड़े के ढेर बढ़ रहे हैं। 30 जुलाई के पंजाब बंद के मद्देनजर, प्रदेश के कई निजी और सरकारी स्कूलों ने एहतियात के तौर पर विद्यार्थियों के लिए छुट्टी की घोषणा कर दी है। प्रशासन की नजर अब 30 जुलाई के बंद पर टिकी है। यदि सरकार और कर्मचारी संगठनों के बीच जल्द कोई सहमति नहीं बनती, तो आने वाले दिनों में आम जनजीवन पर इसका व्यापक असर पड़ सकता है।
पंजाब कांग्रेस में गुटबाजी पर हाईकमान सख्त, बागी चन्नी के पोस्टर ने बढ़ाई राजनीतिक हलचल
पंजाब कांग्रेस में संगठन मजबूत करने की कवायद, हाईकमान ने शुरू किया ग्राउंड रियलिटी चेक
बरनाला में सफाई कर्मचारियों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में जालंधर की विभिन्न सामाजिक और धार्मिक संस्थाओं ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही संबंधित पुलिस अधिकारी के खिलाफ मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई नहीं की गई, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। संस्थाओं ने यह भी स्पष्ट किया है कि 30 जुलाई को पंजाब बंद के आह्वान के तहत जालंधर में अलग से कोई बंद नहीं रहेगा। इसके बजाय शहर में केवल एक बड़ा विरोध प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा। संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने कहा कि कुछ संगठनों की ओर से पंजाब बंद की खबरें प्रसारित की जा रही हैं, लेकिन जालंधर के लोग पहले ही 27 जुलाई को बंद का समर्थन कर चुके हैं। इसलिए 30 जुलाई को जालंधर में किसी भी तरह का बंद नहीं रखा जाएगा। सरकार के खिलाफ विशाल प्रदर्शन की तैयारी बंद की बजाय कल जालंधर की सभी सामाजिक और धार्मिक संस्थाएं एकजुट होकर पंजाब सरकार के खिलाफ बड़ा विरोध प्रदर्शन करेंगी। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि यह प्रदर्शन सरकार का ध्यान इस मुद्दे की ओर आकर्षित करने के लिए किया जा रहा है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने जल्द ही सख्त कदम नहीं उठाए, तो आने वाले दिनों में आंदोलन को और तेज किया जाएगा। लाठीचार्ज के दोषियों पर अब तक नहीं हुई सख्त कार्रवाई नेताओं ने नाराजगी जताते हुए कहा कि 22 जुलाई को हुई घटना को कई दिन बीत चुके हैं, लेकिन सरकार ने अब तक जिम्मेदार डीएसपी (DSP) को निलंबित नहीं किया है। न ही उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। आर-पार की लड़ाई का ऐलान किया गया उन्होंने कहा कि 27 जुलाई को जालंधर पूरी तरह बंद रखकर सरकार और प्रशासन को चेतावनी दी गई थी, लेकिन इसके बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इसी के विरोध में अब आर-पार की लड़ाई का ऐलान किया गया है।
तरनतारन के डिप्टी कमिश्नर राहुल ने जिले के लोगों से स्वच्छ और स्वस्थ वातावरण के निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की है। उन्होंने बताया कि जिले में स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) और जल शक्ति अभियान कैच द रेन के तहत सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट, प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट तथा जल संरक्षण को लेकर व्यापक जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। डिप्टी कमिश्नर ने ग्रामीणों से घर-घर कचरे का पृथक्करण करने, प्लास्टिक के अनावश्यक उपयोग से बचने और पानी की हर बूंद का महत्व समझने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा चलाए जा रहे स्वच्छता और जल संरक्षण अभियानों में लोगों की भागीदारी से ही तरनतारन को स्वच्छ, हरित और पर्यावरण अनुकूल जिला बनाया जा सकता है। अभियान में सभी लोगों को जागरूक किया जा रहा अभियान के तहत जिले के सभी गांवों में सरपंचों, ग्राम पंचायत सदस्यों, वाटर सप्लाई एवं सैनिटेशन कमेटियों, स्वयं सहायता समूहों, स्कूली विद्यार्थियों और आम ग्रामीणों को जागरूक किया जा रहा है। विभिन्न विभागों के सहयोग से सेमिनार, जागरूकता शिविर, रैलियां और जनसंवाद कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इन कार्यक्रमों में लोगों को गीले, सूखे, सैनिटरी और विशेष कचरे को अलग-अलग एकत्रित करने तथा उनके वैज्ञानिक निपटान के बारे में जानकारी दी जा रही है। साथ ही सिंगल-यूज प्लास्टिक के उपयोग को कम करने और प्लास्टिक कचरे के उचित प्रबंधन के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है। जल शक्ति अभियान कैच द रेन के अंतर्गत वर्षा जल संचयन, भूजल पुनर्भरण और जल संरक्षण के महत्व पर विशेष जोर दिया जा रहा है। प्रशासन का उद्देश्य लोगों में पर्यावरण संरक्षण और जल बचत के प्रति जागरूकता बढ़ाकर आने वाली पीढ़ियों के लिए प्राकृतिक संसाधनों को सुरक्षित रखना है।
पठानकोट में अवैध माइनिंग में संलिप्त टिप्पर चालक ने पुलिस टीम को कुचलने का प्रयास किया। इतना ही नहीं आरोपी टिप्पर चालक ने नाके से गाड़ी भगाई और रोकने के लिए पीछा कर रही सरकारी ERV (इमरजेंसी रिस्पांस व्हीकल) को टक्कर मार दी। पुलिस टीम ने किसी तरह आरोपी को काबू किया तो टिप्पर चालक ने पुलिस टीम में शामिल एएसआई पर जानलेवा हमला कर दिया और एएसआई की वर्दी फाड़ दी। धक्का-मुक्की कर अंधेरे का फायदा उठाकर आरोपी भाग गया। आरोपी भागते वक्त अपना टिप्पर वहीं छोड़ गया। पुलिस का कहना है कि ईआरवी टीम लदपालवां टोल प्लाजा के पास माइनिंग विभाग द्वारा पकड़े गए अवैध रेत-बजरी से भरे टिप्परों की निगरानी कर रही थी। आरोपी हिमाचल प्रदेश से अवैध माइनिंग मटीरियल लेकर पहुंचा था। जिसे नाके पर चेकिंग के लिए रोका गया था। फिल्हाल पुलिस ने टिप्पर कब्जे में लेकर आरोपी टिप्पर चालक और मालिक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। टोल प्लाजा पर पकड़े गए थे अवैध रेत-बजरी से भरे टिप्पर एएसआई दिलीप सिंह ने पुलिस को दिए बयान में बताया कि उनकी और एएसआई रणवीर सिंह की ड्यूटी बीती रात 8 से सुबह 8 तक सरकारी ERV गाड़ी PB 65BN7356 पर लगी थी। माइनिंग विभाग द्वारा हिमाचल प्रदेश से बिना बिल के अवैध रूप से रेत-बजरी भरकर पंजाब ला रहे कुछ टिप्परों को टोल प्लाजा के पास रोका गया था। जब चालकों से दस्तावेज मांगे गए, तो वे कोई बिल प्रस्तुत नहीं कर सके। उच्च अधिकारियों के निर्देशों पर पुलिस टीम को इन अवैध टिप्परों की निगरानी में तैनात किया गया था। पुलिस टीम पर टिप्पर चढ़ाने की कोशिश, फिर सरकारी गाड़ी को मारी टक्कर अंधेरे का फायदा उठाकर टिपर स्टार्ट किया: तड़के करीब 04:10 बजे, बिना नंबर वाले एक टिप्पर जिसमें रेत लोड थी और आगे KHOKHAR तथा PRAISE THE LORD लिखा था के चालक ने अंधेरे का फायदा उठाकर गाड़़ी स्टार्ट कर ली। गाड़ी से हटकर पुलिसकर्मियों ने बचाई जान: करीब 100 मीटर दूर खड़े एएसआई दलीप सिंह और साथी पुलिसकर्मी ने टॉर्च की रोशनी और शोर मचाकर टिप्पर रोकने का इशारा किया। लेकिन, चालक ने गाड़ी रोकने के बजाय रफ्तार बढ़ा दी और जान से मारने की नीयत से सीधे पुलिस कर्मचारियों पर चढ़ाने का प्रयास किया। पुलिसकर्मियों ने साइड होकर अपनी जान बचाई। पीछा करने पर सरकारी गाड़ी में मारी टक्कर: पुलिस टीम ने तुरंत अपनी सरकारी बोलेरो ERV-21 से टिप्पर का पीछा किया और हॉर्न बजाए, लेकिन चालक ने साइड नहीं दी। जब टिप्पर अड्डा परमानंद के पास आगे से एक गाड़ी आने के कारण टिप्पर धीमा हुआ, तो पुलिस ने टिप्पर को क्रॉस करके आगे डिप्पर देकर रोकने का इशारा किया। इस पर बौखलाए टिप्पर चालक ने जान से मारने की नीयत से बहुत तेज रफ्तार में बिना हॉर्न दिए सरकारी गाड़ी के पिछले हिस्से में ज़ोरदार टक्कर मार दी, जिससे सरकारी वाहन को भारी नुकसान पहुंचा। ASI की वर्दी फाड़ी और मौके से हुआ फरार टक्कर के बाद जब ASI दलीप सिंह और उनके साथी ने नीचे उतरकर टिप्पर चालक को पकड़ने का प्रयास किया, तो आरोपी चालक हाथापाई पर उतर आया। उसने एएसआई दलीप सिंह के साथ धक्का-मुक्की की और उनकी वर्दी फाड़ दी। इसके बाद आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर अपने बिना नंबर वाले टिप्पर (चेसिस नं: MEC2416BHJP070177) को मौके पर ही छोड़कर फरार हो गया। पुलिस ने एएसआई के बयानों पर अज्ञात टिप्पर चालक और मालिक के खिलाफ जानलेवा हमला करने, सरकारी ड्यूटी में बाधा डालने, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और अवैध खनन से संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है और फरार चालक की तलाश शुरू कर दी है।
मंगलवार को डेराबस्सी के भांखरपुर स्थित अंबाला-चंडीगढ़ हाईवे पर भारी बारिश के कारण जलभराव हो गया, जिससे लंबा जाम लग गया। इस दौरान ट्रैफिक हवलदार मेजर सिंह ने अपनी ड्यूटी से बढ़कर कार्य करते हुए लोगों का दिल जीत लिया। सड़क पर पानी भरने और वाहनों की लंबी कतारें लगने के बाद, मेजर सिंह ने किसी अन्य विभाग का इंतजार किए बिना खुद फावड़ा उठाकर बंद ड्रेन की सफाई शुरू कर दी। बताया गया कि निर्माणाधीन ओवरब्रिज से बहकर आई मिट्टी के कारण ड्रेन चोक हो गई थी। लगातार बारिश से पानी सड़क पर जमा होने लगा और हाईवे पर यातायात बुरी तरह प्रभावित हो गया। जाम बढ़ता देख, हवलदार मेजर सिंह ने पास से फावड़ा लिया और ड्रेन में जमा मिट्टी हटानी शुरू कर दी। इस दौरान उनका साथी ट्रैफिक व्यवस्था संभालने में जुटा रहा। आधे घंटे बाद शुरू हुई ड्रेन से पानी की निकासी करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद ड्रेन से पानी की निकासी शुरू हो गई। धीरे-धीरे सड़क पर भरा पानी कम हुआ और लगभग एक घंटे के भीतर हाईवे पर यातायात सामान्य हो गया। इस त्वरित कार्रवाई से सैकड़ों वाहन चालकों को भारी जाम से राहत मिली। बारिश में पूरी तरह भीगने के बावजूद हवलदार मेजर सिंह लगातार अपने काम में डटे रहे। उनके इस प्रयास की स्थानीय लोगों और दुकानदारों ने जमकर सराहना की। कई राहगीरों ने इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो भी बनाया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। यह घटना दर्शाती है कि ट्रैफिक पुलिस की भूमिका केवल चालान काटने या यातायात नियंत्रण तक सीमित नहीं है। हवलदार मेजर सिंह ने परिस्थितियों के अनुसार स्वयं मैदान में उतरकर यह साबित किया कि जनसेवा केवल जिम्मेदारी नहीं, बल्कि संवेदनशीलता का भी परिचय है।
पंजाब लीगल सर्विसेज अथॉरिटी की ओर से पूरे राज्य में चलाए जा रहे ‘संपूर्ण युवा नशा मुक्ति एवं पुनर्वास अभियान’ को प्रभावी ढंग से लागू करने के उद्देश्य से मोगा में जिला समन्वय समिति की उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की गई। इसकी अध्यक्षता जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला कानूनी सेवा प्राधिकरण (मोगा) नीलम अरोड़ा ने की। बैठक में उपायुक्त सागर सेतिया, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सरताज सिंह चाहल, सीजेएम-सह-सचिव जिला कानूनी सेवा प्राधिकरण सिमरन सिंह, जिला लोक संपर्क अधिकारी सुबेग सिंह सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी शामिल हुए। नीलम अरोड़ा ने बताया कि यह विशेष अभियान 18 जुलाई से 31 अक्टूबर तक तीन चरणों में चलाया जा रहा है। पहले चरण में जिला स्तर पर कार्ययोजना तैयार करना, नशे से प्रभावित लोगों और संवेदनशील क्षेत्रों (हॉटस्पॉट) की पहचान करना शामिल है। इसके तहत जेलों में बंद नशा पीड़ित व्यक्तियों की पुनर्वास जरूरतों का आकलन, पैनल अधिवक्ताओं और पैरा लीगल वालंटियरों को प्रशिक्षण देना तथा जन-जागरूकता सामग्री तैयार करने जैसे कार्य किए जाएंगे। पहले चरण के तहत सभी कार्य 31 जुलाई तक पूरे किए जाए उन्होंने कहा कि नशे से प्रभावित व्यक्तियों की पहचान, समय पर काउंसलिंग, नशा मुक्ति उपचार और पुनर्वास सुनिश्चित करने के लिए सभी संबंधित विभागों के बीच बेहतर तालमेल जरूरी है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि पहले चरण के तहत सभी कार्य 31 जुलाई तक पूरे किए जाएं। विस्तृत कार्ययोजना पर चर्चा की गई बैठक में नशे की लत से प्रभावित युवाओं को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने, उन्हें समय पर उपचार और पुनर्वास सेवाएं उपलब्ध कराने तथा जिले में अभियान को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए विस्तृत कार्ययोजना पर चर्चा की गई। सभी सदस्य भी बैठक में शामिल हुए इस अवसर पर कार्यवाहक सिविल सर्जन, उप जिला शिक्षा अधिकारी (सेकेंडरी), सुपरिंटेंडेंट सब जेल मोगा, जिला खेल अधिकारी, जिला सामाजिक न्याय, सशक्तिकरण एवं अल्पसंख्यक अधिकारी, जिला रोजगार सृजन, कौशल विकास एवं प्रशिक्षण अधिकारी उपस्थित रहे। इसके अलावा, रेड क्रॉस डी-एडिक्शन-कम-रीहैबिलिटेशन सेंटर जनेर के परियोजना समन्वयक, हेल्प इंडिया एनजीओ के प्रतिनिधि और जिला समन्वय समिति के सभी सदस्य भी बैठक में शामिल हुए।
पंजाब सरकार के दिशा-निर्देशों के तहत सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से तरनतारन के आंगनवाड़ी केंद्रों में ‘कम्युनिटी बेस्ड इवेंट डे’ आयोजित किया गया। ‘ड्रग-फ्री पंजाब’ अभियान के तहत लोगों को नशीले पदार्थों के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया गया और नशामुक्त समाज के निर्माण के लिए विभिन्न गतिविधियां आयोजित की गईं। इन आयोजनों में गर्भवती महिलाओं, स्तनपान कराने वाली माताओं, किशोरों और आम नागरिकों के साथ जागरूकता सत्र आयोजित किए गए। इस दौरान उन्हें नशीले पदार्थों के शारीरिक, मानसिक और सामाजिक दुष्प्रभावों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। प्रतिभागियों को अपने परिवार और बच्चों को नशे से दूर रखने के लिए प्रेरित किया गया। लोगों को नशे के खिलाफ शपथ दिलाई आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं ने लोगों को नशे के खिलाफ शपथ दिलाई। उपस्थित लोगों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने, बच्चों में अच्छे संस्कार विकसित करने और नशामुक्त समाज के निर्माण में योगदान देने के लिए प्रेरित किया गया। इसके अलावा, पोषण, बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा और मां-बच्चे के स्वास्थ्य से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां भी साझा की गईं। जागरूकता फैलाना आज समय की बड़ी जरूरत जिला कार्यक्रम अधिकारी अनुप्रिया सिंह ने कहा कि नशीले पदार्थों के खिलाफ जागरूकता फैलाना आज समय की सबसे बड़ी जरूरत है। उन्होंने कहा कि आंगनवाड़ी केंद्र समाज में सकारात्मक बदलाव लाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं। उन्होंने सभी नागरिकों से अभियान से जुड़ने और नशामुक्त व खुशहाल पंजाब के निर्माण में सहयोग देने की अपील की।
फरीदकोट जिले के गांव भागथला खुर्द से एक बेहद दुखद मामला सामने आया है। यहां के मजदूर परिवार से संबंध रखने वाला युवक गुरप्रीत सिंह पुत्र हरबंस सिंह बेहतर भविष्य और परिवार की आर्थिक मदद के लिए कर्ज लेकर 1 जुलाई को दुबई कमाने गया था, लेकिन वहां पहुंचने के महज 2 दिन बाद ही 3 जुलाई को हार्ट अटैक आने से उसकी मौत हो गई थी। विदेश में बेटे की मौत की खबर मिलते ही परिवार सदमे में आ गया। बेटे के शव को वापस भारत लाकर अंतिम संस्कार करने की चिंता भी परिवार को सताने लगी, क्योंकि आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण वे शव को भारत लाने का खर्च उठाने में सक्षम नहीं थे। इसी दौरान परिवार ने समाजसेवी एनआरआई एसपी सिंह ओबराय द्वारा संचालित सरबत दा भला चैरिटेबल ट्रस्ट से संपर्क किया। ट्रस्ट की ओर से आवश्यक दस्तावेजों की प्रक्रिया पूरी कर विदेश से शव भारत लाने के लिए प्रयास किए गए। करीब 24 दिन बाद गुरप्रीत सिंह का पार्थिव शरीर मंगलवार शाम उसके गांव भागथला खुर्द पहुंचाया गया। बेटे का शव देखकर परिवार और गांव के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। इस मौके मृतक के पिता हरबंस सिंह और गुरुद्वारा साहिब के ग्रंथी ने बताया कि गुरप्रीत परिवार का सहारा बनने के लिए दुबई गया था, लेकिन दुर्भाग्यवश उसकी मौत हो गई। उन्होंने सरबत दा भला चैरिटेबल ट्रस्ट का धन्यवाद करते हुए कहा कि संस्था ने कठिन समय में परिवार की बड़ी सहायता की है। मृतक अपने पीछे पत्नी व डेढ़ साल का बच्चा छोड़ गया है। शव को भारत लाना बेहद कठिन इस मौके पर ट्रस्ट के जिला प्रधान भरपूर सिंह ने बताया कि विदेश में किसी व्यक्ति की मृत्यु होने पर शव को भारत लाना बेहद कठिन और खर्चीली प्रक्रिया होती है। ऐसे समय में ट्रस्ट मानवता की सेवा के तहत जरूरतमंद परिवारों की मदद करता है। इस मामले में भी सभी जरूरी दस्तावेज पूरे कराए गए और एसपी सिंह ओबराय के प्रयासों से गुरप्रीत सिंह का पार्थिव शरीर उसके परिजनों तक पहुंचाया जा सका।
पंजाब सरकार ने बुधवार को श्री अकाल तख्त साहिब को बेअदबी रोकथाम कानून के आपत्तिजनक प्रावधानों पर संशोधित ड्राफ्ट सौंपा। विधायक डॉ. इंद्रबीर सिंह निज्जर और डीसी दलविंदरजीत सिंह ने सरकार का पक्ष और संशोधित मसौदा (ड्राफ्ट) श्री अकाल तख्त साहिब सचिवालय में प्रभारी बगीचा सिंह को सौंप दिया। मीडिया से बातचीत में डॉ. इंद्रबीर सिंह निज्जर ने कहा कि श्री अकाल तख्त साहिब की ओर से बेअदबी रोकथाम कानून के मसौदे पर जो भी आपत्तियां जताई गई थीं, उन्हें पंजाब सरकार ने संशोधित ड्राफ्ट में दूर कर दिया है। अब यह मसौदा श्री अकाल तख्त साहिब सचिवालय के पास है, जहां इसका अध्ययन किया जाएगा। इसके बाद सचिवालय की ओर से जो भी निर्णय या सुझाव आएगा । डॉ. निज्जर ने बताया कि दस्तावेज सौंपे जाने के समय जत्थेदार साहिब मौजूद नहीं थे। जत्थेदार ने बताए थे ये 6 एतराज बीड़ की जगह स्वरूप कहने पर एतराज: जत्थेदार ने कहा था कि कानून में बीड़ की जगह स्वरूप शब्द का इस्तेमाल किया गया। उन्होंने कहा था कि श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के लिए बीड़ शब्द कहा जाता है। स्वरूप भी सिख शब्दावली का हिस्सा है, लेकिन विधानसभा को सिख शब्दावली बदलने का अधिकार नहीं है। उन्होंने कहा था कि यदि बीड़ के साथ स्वरूप लिखा जाता तो कोई एतराज नहीं होता। कस्टोडियन वाली धारा हटाने की मांग: जत्थेदार ने कहा था कि कस्टोडियन (संभालकर्ता) शब्द तय करना सरकार का अधिकार नहीं है। किसे श्री गुरु ग्रंथ साहिब का स्वरूप देना है और किसे नहीं, यह फैसला पंथ और श्री अकाल तख्त साहिब का अधिकार है। इसलिए कस्टोडियन संबंधी धारा हटाने की मांग की गई थी। यूनिक नंबर पर एतराज: जत्थेदार ने कहा था कि श्री गुरु ग्रंथ साहिब के स्वरूपों का रजिस्टर पहले से मौजूद है। उन्होंने यूनिक नंबर लगाने पर एतराज जताते हुए कहा था कि सिख रहित मर्यादा के अनुसार गुरमत संबंधी फैसले पंथ करता है, विधानसभा नहीं। सरकार सुझाव दे सकती है, लेकिन आदेश नहीं दे सकती। वेबसाइट पर श्री गुरु ग्रंथ साहिब का रिकॉर्ड जारी करने पर भी आपत्ति जताई गई थी। कस्टोडियन के फर्ज तय करने पर एतराज: जत्थेदार ने कहा था कि कस्टोडियन की जिम्मेदारियां और फर्ज तय करना विधानसभा का अधिकार नहीं है। श्री गुरु ग्रंथ साहिब को किस प्रकार रखना और उनकी सेवा-संभाल कैसे करनी है, इसका निर्णय केवल पंथ कर सकता है। सरकार केवल सुझाव दे सकती है। सजा संबंधी प्रावधान पर एतराज: जत्थेदार ने कहा था कि बेअदबी करने वालों को सजा देना सरकार का अधिकार है, लेकिन कानून में बेअदबी करने के अलावा शब्दों का क्या अर्थ है और यह किसके लिए लागू होंगे, इसे स्पष्ट किया जाना चाहिए। कस्टोडियन को सजा देने संबंधी प्रावधान पर भी श्री अकाल तख्त साहिब ने आपत्ति जताई थी। दुर्घटना की स्थिति का जिक्र नहीं होने पर एतराज: जत्थेदार ने कहा था कि कानून में यह स्पष्ट नहीं किया गया कि यदि किसी दुर्घटना की स्थिति बनती है तो श्री गुरु ग्रंथ साहिब को केस प्रॉपर्टी नहीं बनाया जाएगा। अंत में श्री अकाल तख्त साहिब ने आदेश दिया था कि सरकार एक महीने के भीतर इन सभी आपत्तियों को दूर करे। अकाल तख्त के बारे में जानिए:-
जीरकपुर के बलटाना क्षेत्र में निजी स्कूलों से जुड़े कई स्कूल टेंपो और छोटे मालवाहक वाहन (छोटा हाथी) कथित तौर पर बिना आवश्यक सुरक्षा मानकों के बच्चों को स्कूल लाने-ले जाने में उपयोग किए जा रहे हैं। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि इन वाहनों पर निर्धारित पीला रंग, हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट, सीसीटीवी कैमरे, फर्स्ट एड बॉक्स और फायर एक्सटिंग्विशर जैसी अनिवार्य सुरक्षा व्यवस्थाएं नहीं हैं। इसके बावजूद इनमें क्षमता से अधिक बच्चों को बैठाकर रोजाना सड़कों पर चलाया जा रहा है। लगातार बारिश के कारण यह स्थिति और गंभीर हो गई है। जलभराव, फिसलन और खराब सड़क परिस्थितियों में ओवरलोड स्कूल वाहनों का संचालन बच्चों की सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा पैदा कर सकता है। स्थानीय निवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते सख्त कार्रवाई नहीं की गई, तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। लोगों ने ट्रैफिक पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए निवासियों ने ट्रैफिक पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि पड़ोसी शहर पंचकूला में ट्रैफिक पुलिस स्कूल वाहनों की नियमित जांच करती है, जबकि जीरकपुर में कथित तौर पर नियमों की अनदेखी करने वाले वाहन खुलेआम सड़कों पर दौड़ रहे हैं। लोगों ने जोर दिया कि स्कूल प्रबंधन और वाहन संचालकों को बच्चों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं करना चाहिए। स्थानीय नागरिकों ने ट्रैफिक पुलिस और संबंधित प्रशासन से विशेष जांच अभियान चलाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि बिना फिटनेस, वैध दस्तावेज, आवश्यक सुरक्षा उपकरण या नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों पर सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए, ताकि बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। इस संबंध में ट्रैफिक पुलिस का कहना है कि स्कूल वाहनों की समय-समय पर विशेष जांच की जाती है और नियमों के उल्लंघन पर चालान भी किए जाते हैं। हालांकि, स्थानीय लोगों का तर्क है कि यदि नियमित जांच हो रही है, तो कथित तौर पर बिना निर्धारित मानकों वाले निजी वाहन किसकी अनुमति से बच्चों को स्कूल लाने-ले जाने का काम कर रहे हैं। लोगों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई की मांग दोहराई है।
कपूरथला नगर निगम के मेयर, सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर के विवादित चुनाव मामले में पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है। अदालत ने इस मामले में शामिल सभी 24 पार्षदों (प्रतिवादी संख्या 6 से 29) को नोटिस जारी कर कोर्ट में पेश होने का आदेश दिया था। हालांकि, वकीलों की देशव्यापी हड़ताल के कारण 30 जुलाई को होने वाली महत्वपूर्ण सुनवाई टलने की संभावना है। पंजाब और हरियाणा में वकील एलडीसी/एलएडीसी (LADC) सिस्टम के खिलाफ लगातार विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। इसी क्रम में बार एसोसिएशन ने 29 और 30 जुलाई को कार्य बहिष्कार ('नो वर्क') का आह्वान किया है। जानकारी के अनुसार, 30 जुलाई को भी अदालतों में 'नो वर्क' रहने की पूरी संभावना है। वकीलों की इस हड़ताल के कारण हाईकोर्ट की सुनवाई टल सकती है, जिससे कपूरथला मेयर चुनाव का यह कानूनी विवाद और लंबा खींच सकता है। एक पार्षद के इस्तीफे की चर्चा तेज इसी बीच, कपूरथला के राजनीतिक गलियारों में एक पार्षद के इस्तीफे की चर्चा तेज हो गई है। ऐसी सुगबुगाहट है कि हाईकोर्ट का अंतिम आदेश या कोई बड़ा फैसला आने से पहले ही कोई पार्षद अपने पद से इस्तीफा दे सकता है। हालांकि, इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन इस चर्चा ने स्थानीय राजनीति और निकाय समीकरणों में नई हलचल पैदा कर दी है। मामले की पृष्ठभूमि में, हाईकोर्ट ने अपने पिछले आदेश में नवनिर्वाचित मेयर, सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर की शक्तियों पर रोक लगा दी थी। अदालत ने कपूरथला के डिप्टी कमिश्नर को नगर निगम का कार्यभार संभालने का निर्देश दिया था। वीडियोग्राफी में गंभीर खामियां पाए जाने पर ऑडियो स्क्रिप्ट मांगी इसके अतिरिक्त, 8 जुलाई की चुनाव प्रक्रिया और वीडियोग्राफी में गंभीर खामियां पाए जाने के बाद कोर्ट ने पूरी वीडियो रिकॉर्डिंग को सेंट्रल फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (CFSL), चंडीगढ़ भेजने का आदेश दिया था। कोर्ट ने CFSL से फ्रेम-बाय-फ्रेम फॉरेंसिक रिपोर्ट और ऑडियो स्क्रिप्ट मांगी है।
जालंधर के रहने वाले पूर्व क्रिकेटर और पंजाब से राज्यसभा सदस्य हरभजन सिंह भज्जी ने रोपड़ के सरकारी कॉलेज के खेल मैदान की वीडियो पोस्ट किया। भज्जी ने पंजाब सरकार के कार्यक्रम के लिए तहस नहस किए गए प्ले ग्राउंड को फिर से बनवाने का भरोसा दिया है। भज्जी ने वीडियो के साथ कमेंट करते हुआ लिखा कि कोई बात नहीं, हौसला मत हारो दोस्तों। पंजाब सरकार अगर इस ग्राउंड को ठीक नहीं करवाती है, तो आप मुझे बताओ, मैं ठीक करवा कर देता हूं। पंजाब को दोबारा खेलों में बुलंदियों पर देखने का सपना है । वाहेगुरु मेहर करे। रोपड़ के स्थानीय लोगों और खेलने आने वालों ने कहा कि सरकारी कॉलेज के इस मैदान को पैसे एकत्रित कर सही किया था। बुधवार को जब वह प्रैक्टिस के लिए आए तो पंजाब सरकार ने कार्यक्रम के लिए इसमें टैंट के पाइप गाड़ना शुरू कर दिए थे। मैदान की हालत को देखकर उनकी आंखों में आंसू आ रहे हैं। हमें लगता है कि फिर से इस मैदान को बनवना पाना मुश्किल हो जाएगा। हम कार्यक्रम का विरोध नहीं करते लेकिन कार्यक्रम के लिए दूसरी जगह भी चुनी जा सकती थी।पूर्व आप नेता और अब भाजपा में शामिल हरभजन सिंह के नेतृत्व में जालंधर के वलटर्न पार्क में क्रिकेट मैदान बनाने का काम भी अभी अधूरा है। आप छोड़ने के बाद हरभजन सिंह अब खुलकर पंजाब सरकार के खिलाफ लिख रहे हैं। इससे पहले 17 जुलाई को भी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दौरे के दौरान हरभजन सिंह ने पंजाब को खेलों में आगे बढ़ाने की बात कही थी। कार्यक्रम को लेकर उखाड़े मैदान पर बोले लोग… पूर्व क्रिक्रेट हरभजन सिंह ने लिखा- कोई बात नहीं, हौसला मत हारो दोस्तों। पंजाब सरकार अगर इस ग्राउंड को ठीक नहीं करवाती है, तो आप मुझे बताओ, मैं ठीक करवा कर देता हूं। पंजाब को दोबारा खेलों में बुलंदियों पर देखने का सपना है । वाहेगुरु मेहर करे।
उत्तराखंड: आफत की बारिश और भूस्खलन! चारधाम यात्रा पर लगाई गई रोक, सुरक्षित स्थानों पर रोके गए यात्री
उत्तराखंड में लगातार हो रही भारी बारिश और भूस्खलन ने चारधाम यात्रा को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। बुधवार को भानेरपानी के पास पहाड़ी से भारी मलबा गिरने के कारण बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग बंद हो गया। इससे यात्रियों की आवाजाही पूरी तरह प्रभावित हुई और प्रशासन को सुरक्षा के मद्देनजर यात्रा रोकनी पड़ी।
पंजाब के बठिंडा से आ रही एक मालगाड़ी के टैंक से अचानक एलपीजी (LPG) गैस का रिसाव होने से रेलवे प्रशासन में हड़कंप मच गया। घटना हिसार रेलवे स्टेशन के पास स्थित सूर्यनगर फाटक के पास घनी आबादी वाले रिहायशी इलाके में हुई। बीच बस्ती के पास गैस लीकेज की सूचना मिलते ही रेलवे अधिकारियों, पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीमों के हाथ-पांव फूल गए और तुरंत राहत कार्य शुरू किया गया। संभावित बड़े खतरे को देखते हुए फायर ब्रिगेड की गाड़ियों को मौके पर तैनात कर दिया गया है। आपात स्थिति से निपटने में जुटी टीमें मामले की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि हिसार के स्थानीय अधिकारियों के अलावा पंजाब से भी रेलवे के उच्च अधिकारी और टेक्निकल टीमें आपात स्थिति से निपटने के लिए मौके पर पहुंच गईं। बठिंडा से झज्जर जा रही थी ट्रेन रेलवे के अनुसार एक मालगाड़ी एलपीजी लेकर बठिंडा से झज्जर जा रही थी। गाड़ी हिसार स्टेशन पर पहुंची थी। यहां गाड़ी पर तैनात कर्मचारियों को सुबह करीब 8 बजे पता चला कि एक टैंकर से गैस लीक हो रही है। इस पर टैंकर को गाड़ी से अलग करके सूर्यनगर फाटक के पास एकांत जगह पर ले जाया गया, ताकि कोई हादसा न हो। यहां लीकेज बंद करने के लिए संबंधित स्टाफ को बुलाया गया। टैंकर के ऊपरी हिस्से से गैस रिसाव रेलवे अधिकारियों के अनुसार सुबह 8 बजे टैंकर से गैस का रिसाव होने का पता चलते ही दूर जगह ले जाया गया। करीब 8:45 बजे गैस रिसिव दूर करने का प्रयास किया गया। जांच करने पर पता चला कि टैंकर के ऊपरी हिस्से पर बने ढक्कन में से गैस रिसाव हो रहा था। इसके बाद डीएफएससी, दमकल और रेलवे पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंच गए और बचाव कार्य शुरू किया। टेक्निकल टीमों को बुलाकर ढक्कन से रिस रही गैस को ठीक किया गया। करीब ढाई से तीन घंटे तक टीमें यहां लगी रही। इस टैंकर में करीब 37 टन एलपीजी गैस भरी हुई थी।
कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में बुधवार सुबह शहर के वर्थुर थाना क्षेत्र के कोडाथी स्थित एक क्रिकेट मैदान में कटा हुआ इंसान का सिर मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। घटना के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पायल पुलिस ने यूथ कांग्रेस हलका पायल के अध्यक्ष गुरनाज सिंह जीरख और उनके दो अज्ञात साथियों के खिलाफ युवक से मारपीट के आरोप में मामला दर्ज किया है। घटना के बाद आम आदमी पार्टी ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। शिकायतकर्ता किरणजीत सिंह निवासी गांव जीरख (विधानसभा क्षेत्र पायल) ने बताया कि मंगलवार वह सुआ पुली घलौटी की ओर सैर के लिए जा रहे थे। इसी दौरान यूथ कांग्रेस हलका पायल के अध्यक्ष गुरनाज सिंह जीरख अपने दो साथियों के साथ मोटरसाइकिल पर वहां पहुंचे। रास्ते में रोककर नीचे गिरा दिया शिकायत के अनुसार, गुरनाज सिंह और उनके दो साथियों ने किरणजीत सिंह को रास्ते में रोककर नीचे गिरा दिया और उसके साथ मारपीट की। वारदात के बाद तीनों मौके से फरार हो गए। घायल किरणजीत सिंह को पहले सिविल अस्पताल मलौद ले जाया गया, जहां इलाज के बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए लुधियाना रेफर कर दिया गया। डॉक्टरों की अंतिम राय अभी आनी बाकी घायल के बयान के आधार पर पुलिस ने यूथ कांग्रेस हलका पायल के अध्यक्ष गुरनाज सिंह जीरख और उनके दो अज्ञात साथियों के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर ली है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि घायल की मेडिकल रिपोर्ट और डॉक्टरों की अंतिम राय अभी आनी बाकी है। रिपोर्ट मिलने के बाद जरूरत पड़ने पर मामले में अन्य धाराएं भी जोड़ी जा सकती हैं। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है। कुछ नेता क्षेत्र में गुंडागर्दी का माहौल बना रहे इस घटना पर आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता परगट सिंह सियाड़ ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि यदि किसी ने भी कानून अपने हाथ में लिया है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। परगट सिंह ने आरोप लगाया कि कांग्रेस के कुछ नेता क्षेत्र में गुंडागर्दी का माहौल बना रहे हैं, जिसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज जांच अधिकारी हरजिंदर सिंह ने बताया कि पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है।
मोहाली के जीरकपुर में छह साल पहले कार ओवरटेक करने को लेकर हुए विवाद में कुलदीप सिंह की बेरहमी से पीट-पीटकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में मोहाली जिला अदालत ने गुरविंदर सिंह, सुखविंदर सिंह और परविंदर सिंह (सभी निवासी गांव सनौली, जीरकपुर) को दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है। वहीं, चौथे आरोपी मनिंदर सिंह उर्फ मिंटू को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया गया। अदालत का विस्तृत फैसला (डिटेल ऑर्डर) भी जारी हो चुका है। आइए जानते हैं पूरे मामले की कहानी। अब 5 प्वाइंट में जानिए कैसे हुआ विवाद: शुरुआत में FIR में था नाम 30 जून 2019 को दर्ज एफआईआर में मनिंदर सिंह उर्फ मिंटू को भी गुरविंदर सिंह, सुखविंदर सिंह और परविंदर सिंह के साथ आरोपी बनाया गया था। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि मनिंदर सिंह भी फोर्ड फिगो कार में सवार था। जांच के दौरान पुलिस ने पूरक चालान पेश किया, जिसमें सामने आया कि मनिंदर सिंह के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य उपलब्ध नहीं थे। मोबाइल लोकेशन बनी सबसे बड़ा सबूत साइबर सेल की रिपोर्ट और मोबाइल टॉवर लोकेशन से पता चला कि घटना के समय मनिंदर सिंह का मोबाइल घटनास्थल के आसपास मौजूद नहीं था। तकनीकी साक्ष्यों के अनुसार, वह किसी अन्य स्थान पर था। अदालत में गवाही के दौरान किसी भी प्रत्यक्षदर्शी ने यह स्पष्ट रूप से साबित नहीं किया कि मनिंदर मौके पर था या उसने मारपीट में भाग लिया था। कोर्ट ने संदेह का लाभ दिया तकनीकी साक्ष्यों और गवाहों के बयानों में उसकी भूमिका साबित नहीं होने पर अदालत ने मनिंदर सिंह को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया। जबकि बाकी तीन आरोपियों के खिलाफ पर्याप्त सबूत मिलने पर उन्हें दोषी ठहराया गया।
झारखंड पुलिस की बड़ी सफलता: गिरिडीह से 1 करोड़ का इनामी माओवादी मिसिर बेसरा गिरफ्तार
झारखंड में नक्सल विरोधी अभियान के तहत सुरक्षा बलों को इस साल की सबसे बड़ी कामयाबी मिली है। भाकपा (माओवादी) संगठन के पोलित ब्यूरो सदस्य और एक करोड़ रुपये के इनामी नक्सली मिसिर बेसरा को उसके दो प्रमुख सहयोगियों के साथ गिरफ्तार कर लिया गया है। सुरक्षा एजेंसियां इसे राज्य में माओवादियों के खिलाफ चल रहे अभियान की सबसे बड़ी उपलब्धियों में से एक मान रही हैं।
सीएम योगी ने जनता दर्शन में सुनीं समस्याएं, बोले-हर व्यक्ति की समस्या का समाधान सरकार की प्राथमिकता
यूपी के गोरखपुर प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को गुरु पूर्णिमा पर्व संबंधी धार्मिक एवं आनुष्ठानिक कार्यक्रमों की व्यस्तता के बावजूद जनता दर्शन आयोजित कर लोगों की समस्याएं सुनीं।
अबोहर में कई प्रमुख स्कूलों को आज सुबह बम से उड़ाने की धमकी मिली। ईमेल मिलने के बाद अजम्पशन कॉन्वेंट स्कूल, डीएवी स्कूल समेत अन्य निजी स्कूलों को तुरंत खाली करा लिया गया। घटना के बाद पुलिस प्रशासन अलर्ट हो गया है और मामले की गहन जांच की जा रही है। यह धमकी भरा ईमेल सुबह करीब 8:51 बजे मिला। ईमेल में दोपहर 1:30 बजे का समय दिया गया है। सूचना मिलते ही स्कूलों में हड़कंप मच गया। अधिकांश स्कूल संचालकों ने एहतियात के तौर पर छुट्टी घोषित कर दी। अभिभावकों को भी इसकी जानकारी दे दी गई। संबंधित स्कूलों को खाली कराया जा रहा रैकॉग्नाइज्ड एंड एफिलिएटेड स्कूल एसोसिएशन के प्रधान श्याम लाल अरोड़ा ने बताया कि धमकी भरे ईमेल में अजम्पशन कॉन्वेंट स्कूल समेत कई निजी स्कूलों के नाम शामिल थे। उन्होंने कहा कि सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी संबंधित स्कूलों को खाली कराया जा रहा है। स्कूल में छुट्टी घोषित कर दी गई डीएवी स्कूल की प्रिंसिपल श्रीमती स्मिता शर्मा ने बताया कि उन्हें सुबह 8:51 बजे एक ईमेल मिला, जिसमें स्कूल को बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी। उन्होंने तुरंत स्कूल प्रबंधन, सिटी-2 पुलिस और एसडीएम को इसकी सूचना दी। अधिकारियों के दिशा-निर्देशों के बाद स्कूल में छुट्टी घोषित कर दी गई। अभिभावकों को भी इसकी जानकारी दे दी गई।
पठानकोट के गांव करौली झिकली स्थित आयुर्वेदिक डिस्पेंसरी की जर्जर इमारत को लेकर ग्रामीणों ने पंजाब सरकार और स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने डिस्पेंसरी के लिए नई इमारत, चारदीवारी और मुख्य गेट के निर्माण की मांग उठाई। ग्रामीणों ने बताया कि डिस्पेंसरी की इमारत 50 वर्ष से अधिक पुरानी हो चुकी है और अब पूरी तरह जर्जर अवस्था में पहुंच गई है। छत से लगातार प्लास्टर गिरता रहता है, जिससे इलाज और दवा लेने आने वाले लोगों के साथ-साथ स्टाफ की सुरक्षा भी खतरे में बनी हुई है। पानी टपकने के कारण भवन के अंदर बैठना मुश्किल ग्रामीणों के अनुसार, बरसात के मौसम में छत से पानी टपकने के कारण भवन के अंदर बैठना मुश्किल हो जाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब सरकार बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के दावे करती है, लेकिन इस गंभीर समस्या के समाधान के लिए लंबे समय से कोई कदम नहीं उठाया गया है। उच्च अधिकारियों को पहले ही जानकारी दी जा चुकी डिस्पेंसरी में तैनात आयुर्वेदिक डॉक्टर राजिंदर कुमार ने बताया कि वह पिछले करीब 13 वर्षों से यहां सेवाएं दे रहे हैं। जर्जर भवन के कारण उन्हें भी हर दिन जोखिम के बीच ड्यूटी करनी पड़ती है। इस मामले में विभाग के उच्च अधिकारियों को पहले ही जानकारी दी जा चुकी है और लोक निर्माण विभाग की ओर से भवन का निरीक्षण भी किया गया था। डॉक्टर कुमार ने बताया कि वह एक बार फिर इस संबंध में विभाग को पत्र भेजेंगे। दो वर्ष पहले भवन का निरीक्षण किया गया वहीं, लोक निर्माण विभाग (भवन) के जूनियर इंजीनियर सतीश कुमार ने बताया कि करीब दो वर्ष पहले भवन का निरीक्षण किया गया था। इसके बाद नई इमारत के निर्माण के लिए अनुमानित लागत (एस्टीमेट) तैयार कर आयुर्वेद विभाग को भेज दी गई थी।
कनाडा के चेस्टर्मेयर में रहने वाले पंजाबी युवक की मौत मामले में अल्बर्टा पुलिस ने पांच साल लंबी जांच के बाद बड़ा खुलासा किया है। जांच में सामने आया है कि साहिल की मौत कफ सिरप में जानलेवा दवा फेंटानिल मिलाकर पिलाने से हुई थी। इस मामले में पुलिस ने तीन युवकों के खिलाफ फर्स्ट-डिग्री मर्डर और हत्या के प्रयास जैसी गंभीर धाराओं के तहत कार्रवाई की है। पुलिस का मानना है कि यह जहरीला मिश्रण किसी अन्य युवक को देने की योजना के तहत तैयार किया गया था, लेकिन गलती से साहिल ने इसका सेवन कर लिया, जिससे उसकी मौत हो गई। अब पढ़ें क्या है पूरा मामला? अटेंप्टेड मर्डर के तहत मामले दर्ज किए गए इन दोनों आरोपियों के खिलाफ भी फर्स्ट-डिग्री मर्डर और अटेंप्टेड मर्डर के तहत मामले दर्ज किए गए हैं। RCMP के अनुसार, मामले में शामिल सभी आरोपियों के खिलाफ अब अदालत में सुनवाई शुरू होगी, जहां सभी आरोपों की न्यायिक जांच की जाएगी।
झारखंड में नक्सलवाद पर बड़ा प्रहार: 1 करोड़ के इनामी मिसिर बेसरा समेत दो माओवादी गिरफ्तार
झारखंड पुलिस ने धनबाद से ₹1 करोड़ के इनामी माओवादी मिसिर बेसरा समेत दो नक्सलियों को गिरफ्तार किया। वहीं 16 माओवादियों ने आत्मसमर्पण कर मुख्यधारा में लौटने का फैसला किया।
पंजाबी सिंगर रेशम अनमोल ने कुछ दिन पहले एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल से अपनी 1.55 करोड़ रुपए की डिफेंडर खराब होने का एक वीडियो पोस्ट किया था। वीडियो सामने आने के बाद कई लोगों ने रेशम अनमोल को ट्रोल करना शुरू कर दिया और आरोप लगाया कि उन्होंने पैसे लेकर यह प्रोपेगेंडा किया है। रेशम अनमोल ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर एक और वीडियो पोस्ट कर कहा कि उन्होंने कोई प्रोपेगेंडा नहीं किया है। उन्होंने बताया कि उनकी डिफेंडर कार मई में खराब हुई थी, जिसके बाद वह उसे वर्कशॉप लेकर गए। वहां जांच में पता चला कि फ्यूल पंप में खराबी थी। रेशम अनमोल का कहना है कि कुछ दिन पहले उन्होंने कई पेट्रोल पंपों पर जाकर शुद्ध पेट्रोल की तलाश की, लेकिन उन्हें यह नहीं मिल पाया, जिससे वह परेशान हुए। उन्होंने वीडियो केवल इसलिए पोस्ट किया था ताकि सभी पेट्रोल पंपों पर शुद्ध पेट्रोल की व्यवस्था सुनिश्चित हो सके। उन्होंने मांग की कि सरकार पेट्रोल पंपों पर नोटिस बोर्ड लगाकर यह जानकारी दे कि पेट्रोल में कितना एथेनॉल मिलाया गया है। सोशल मीडिया पर उठ रहे सवालों और मिल रही धमकियों के बीच रेशम सिंह ने एक नया वीडियो जारी किया है। इसमें उन्होंने सर्विस सेंटर का बिल दिखाते हुए स्पष्ट किया कि उनका मकसद किसी राजनीतिक एजेंडे से प्रेरित नहीं है, बल्कि आम वाहन चालकों की समस्या को सामने लाना है। वीडियो में सिंगर रमेश अनमोल ने दी ये सफाई, जानिए… 2025 में खरीदी थी डिफेंडर रेशम अनमोल के करीबी ने बताया कि अनमोल के पास पहले रेंज रोवर स्पोर्ट्स थी, जो 2025 में पंजाब बाढ़ राहत कार्य के दौरान दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। इसके बाद 7 नवंबर 2025 को उन्होंने लगभग 1.55 करोड़ रुपये में सफेद रंग की डिफेंडर-110 खरीदी थी।
बिहार BPSC TRE पेपर लीक मामले में EOU ने डॉ. मनीष कुमार को गिरफ्तार किया। उस पर सीलबंद प्रश्नपत्र खोलने, 30 अभ्यर्थियों से ₹1.20 करोड़ लेने और पेपर लीक गिरोह से जुड़े होने का आरोप है।
दिल्ली-एनसीआर में भारी बारिश का येलो अलर्ट, 29-30 जुलाई को तेज तूफान की चेतावनी
मौसम विभाग (आईएमडी) ने दिल्ली समेत पूरे एनसीआर क्षेत्र के लिए 29 और 30 जुलाई को भारी बारिश और तेज तूफान को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है। मंगलवार को हुई बारिश ने पहले ही यातायात व्यवस्था को चरमरा दिया है,
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने तमिलनाडु के पश्चिमी घाट से लगे जिलों में अगले सात दिनों तक गरज-चमक के साथ मध्यम बारिश का पूर्वानुमान जारी किया है। वहीं, इस सप्ताह के अंत में नीलगिरि, कोयंबटूर और थेनी जिलों के कुछ हिस्सों में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश होने की चेतावनी दी गई है।
गुरु पूर्णिमा पर सूर्य, चंद्रमा और बेलपत्र से सजे महाकाल, भांग से हुआ विशेष शृंगार
श्री महाकालेश्वर मंदिर में आषाढ़ महीने की पूर्णिमा तिथि (गुरु पूर्णिमा) पर बुधवार को बाबा महाकाल की भस्म आरती की गई। इस अलौकिक दृश्य के साक्षी बनने के लिए मंदिर परिसर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और शिवराज सिंह चौहान ने गुरु पूर्णिमा पर अपने गुरुओं के प्रति आदर जताते हुए देशवासियों को शुभकामनाएं दी हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर बुधवार को सुभाषित शेयर किया है। उन्होंने देशवासियों को गुरु पूर्णिमा की बधाई दी।
गाजियाबाद : हरिद्वार दर्शन के लिए जा रही पिकअप की ट्रक से टक्कर, तीन लोगों की मौत और कई घायल
पुलिस कमिश्नरेट गाजियाबाद के थाना निवाड़ी क्षेत्र में मंगलवार देर रात करीब 12:30 बजे एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। हरिद्वार दर्शन और स्नान के लिए जा रही एक बोलेरो पिकअप की ट्रक से जोरदार टक्कर हो गई। हादसे में तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई,
भोपाल में किसान आंदोलन निर्णायक मोड़ पर, सरकार से वार्ता बेनतीजा; आज सीएम आवास कूच की तैयारी
मूंग की 100% सरकारी खरीदी, MSP की कानूनी गारंटी और अन्य मांगों को लेकर राजधानी में डटे किसान; सुरक्षा व्यवस्था कड़ी, ट्रैफिक डायवर्ट।
पंजाब कांग्रेस में चल रही गुटबाजी पर अब हाईकमान आर-पार के मूड में है। हाईकमान गुटबाजी पर स्ट्रिक्ट एक्शन लेने से पहले ग्राउंड रियलिटी चेक करना चाहता है। कांग्रेस के प्रदेश प्रभारी भूपेश बघेल अब ग्राउंड लेवल पर आकर ब्लॉक लेवल से लेकर तमाम नेताओं से चन्नी गुट का फीडबैक लेंगे। कल (30 जुलाई) से भूपेश बघेल 10 दिन के पंजाब दौरे पर आ रहे हैं। वह 9 दिन में जिला कार्यकारिणी, ब्लॉक कार्यकारिणी के पदाधिकारियों और 2022 में चुनाव लड़ चुके नेताओं के साथ-साथ संबंधित जिलों के विधायकों व सांसदों के साथ बैठक करेंगे। बैठक में भूपेश बघेल पार्टी नेताओं से 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियों के साथ-साथ राहुल गांधी की रैलियों का स्थान तय करने पर चर्चा करेंगे। कांग्रेस जल्द ही पंजाब में राहुल गांधी की 4 बड़ी रैलियां करने पर विचार कर रही है। हालांकि, इससे पहले वह पंजाब कांग्रेस में चल रही गुटबाजी को खत्म करने का प्रयास करेगी, ताकि राहुल गांधी के स्टेज पर कांग्रेस एक जुट रहे। पार्टी सूत्रों ने बताया है कि राहुल के पंजाब दौरे से पहले हाईकमान बागी गुट पर ठोस एक्शन ले सकता है। उधर, चरणजीत सिंह चन्नी गुट को राहुल गांधी अब ज्यादा तरजीह नहीं दे रहे हैं। पार्टी सोर्सेज के मुताबिक, चन्नी गुट राहुल गांधी से लगातार मिलने का समय मांग रहा है, लेकिन राहुल गांधी के दफ्तर से उसे समय नहीं मिल रहा है। चन्नी गुट को राहुल गांधी की व्यस्तता की बात कहकर टाइम नहीं दिया जा रहा है। चन्नी गुट को उम्मीद है कि 13 जुलाई के बाद राहुल गांधी से उसे वक्त मिल जाएगा और वह एक बार अपना पक्ष उनके सामने रखेंगे। 2027 विधानसभा चुनाव की रणनीति पर चर्चा बैठकों के दौरान संगठन को मजबूत बनाने, कार्यकर्ताओं की राय जानने और 2027 विधानसभा चुनाव की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की जाएगी। पार्टी नेतृत्व का लक्ष्य कार्यकर्ताओं में नया उत्साह भरना और उन्हें एकजुट करना है। इस महत्वपूर्ण दौरे की शुरुआत 31 जुलाई को शहीदों की धरती फतेहगढ़ साहिब से होगी। संगठन में बदलाव की उम्मीद राजनीतिक विश्लेषक इसे कांग्रेस की चुनावी तैयारियों की दिशा में एक अहम कदम मान रहे हैं। इस दौरे के जरिए भूपेश बघेल पार्टी के अंदरूनी मतभेदों को दूर करने, संगठन को मजबूत करने और आगामी चुनावों के लिए प्रभावी रणनीति तैयार करने का प्रयास करेंगे। इससे संगठन में संभावित बदलावों की उम्मीद जताई जा रही है। पहले भी चंडीगढ़ में कर चुके बैठक गौरतलब है कि इससे पहले भी भूपेश बघेल 6 दिन तक चंडीगढ़ में रहकर पंजाब कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के साथ अलग-अलग बैठकें कर चुके हैं। उस दौरान उन्होंने पार्टी में चल रही गुटबाजी और संगठनात्मक मुद्दों पर विस्तृत रिपोर्ट कांग्रेस हाईकमान को सौंपी थी। इसके बाद हाईकमान ने पंजाब कांग्रेस की चुनाव समितियों और संगठनात्मक ढांचे में बड़े बदलाव की संभावनाओं से इनकार कर दिया था। मीटिंग में शामिल होने वाले लोग मीटिंगों में जिला कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारी, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष और पदाधिकारी, हलके (विधानसभा क्षेत्र) के मंडल अध्यक्ष, हलके के BLA-1, वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव के उम्मीदवार, जिले से संबंधित पूर्व MP व पूर्व MLA, अग्रणी संगठनों के जिलाध्यक्ष (यूथ कांग्रेस, सेवा दल, महिला कांग्रेस, इंटक, एससी, ओबीसी विभाग, आरजीपीआरएस, सोशल मीडिया), नगर पार्षद, जिला परिषद व ब्लॉक समिति के सदस्य, जिले से संबंधित AICC और PPCC के सदस्य शामिल होंगे। ॰॰॰॰॰॰॰॰॰॰॰ यह खबर भी पढ़ें… पंजाब कांग्रेस में आर-पार की लड़ाई शुरू:वड़िंग गुट को तोड़ने लगे चन्नी, अमृतसर के दिग्गज नेता को साथ मिलाया; रील बना जवाब दिया पंजाब कांग्रेस की नेतृत्व की लड़ाई में अब आर-पार की सिचुएशन बन गई है। जालंधर से सांसद व पूर्व CM चरणजीत चन्नी व गुरदासपुर सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा ने प्रदेश प्रधान राजा वड़िंग के गुट से पहले ही दूरी बना रखी है। अब ऐसा माना जाने लगा है कि ये चन्नी-रंधावा गुट कांग्रेस हाईकमान से भी किनारा करने लगे हैं। इसका नजारा सोमवार को स्पष्ट दिखा। पढ़ें पूरी खबर…
श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुचारु यातायात के लिए अंतरराज्यीय समन्वय बैठक में अहम फैसले, रोजाना आने-जाने वालों को पहचान पत्र दिखाना होगा
लुधियाना की सेंट्रल जेल में प्रतिबंधित सामान के खिलाफ चलाए गए चेकिंग अभियान के दौरान दो बंदियों के कब्जे से मोबाइल फोन बरामद किए गए। वहीं, एक टच स्क्रीन मोबाइल लावारिस हालत में मिला। जेल प्रशासन की शिकायत पर डिवीजन नंबर-7 थाना पुलिस ने दो बंदियों और एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस को दी शिकायत में केंद्रीय जेल लुधियाना के सहायक सुपरिटेंडेंट बलिहार सिंह ने बताया कि 27 जुलाई को परिसर में नियमित चेकिंग के दौरान बंदियों की तलाशी ली गई। इस दौरान बंदी गुरप्रीत सिंह के कब्जे से SNEXIAN कंपनी का काले रंग का कीपैड मोबाइल फोन, बैटरी और सिम कार्ड सहित बरामद किया गया। सिम कार्ड और बैटरी भी मिले इसके अलावा बंदी रोहित कुमार के कब्जे से भी एक कीपैड फोन, सिम कार्ड और बैटरी बरामद की गई। तलाशी के दौरान जेल परिसर से एक टच स्क्रीन मोबाइल फोन भी लावारिस हालत में मिला। पुलिस अब जांच कर रही है कि बरामद मोबाइल में इस्तेमाल किया जा रहा सिम कार्ड किसके नाम पर है और उससे किन-किन लोगों को कॉल की गईं या प्राप्त हुईं। प्रतिबंधित सामग्री रखकर जेल नियमों का उल्लंघन शिकायत के अनुसार, आरोपियों ने जेल के अंदर प्रतिबंधित सामग्री रखकर जेल नियमों का उल्लंघन किया है। डिवीजन नंबर-7 थाना पुलिस ने सहायक सुपरिटेंडेंट बलिहार सिंह की शिकायत पर बंदी गुरप्रीत सिंह, बंदी रोहित कुमार और एक अज्ञात आरोपी के खिलाफ प्रिजन एक्ट की धारा 52-A(1) के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
समाजसेवा के जज्बे से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का ध्यान खींचने वाले और मन की बात में सराहना पा चुके दिव्यांग ई-रिक्शा ड्राइवर राजू के साथ पठानकोट में लूट हो गई। मंगलवार देर रात स्कूटी सवार एक युवक ने राजू को धमकाकर उसका मोबाइल छीन लिया और फरार हो गया। दो दिन पहले ही ई-रिक्शा की बैटरी चोरी होने के बाद अब मोबाइल छिन जाने से राजू परेशान है। वह रो-रोकर पुलिस से न्याय और मोबाइल की बरामदगी की गुहार लगा रहा है, जिसमें उसके महत्वपूर्ण दस्तावेज भी मौजूद हैं। अब पढ़ें क्या है पूर मामला:- 'मन की बात' में प्रधानमंत्री कर चुके हैं कार्यों की तारीफ पीड़ित राजू पठानकोट में असहाय और जरूरतमंद लोगों की मदद करने के लिए जाने जाते हैं। कोरोना काल में उनकी निःस्वार्थ समाजसेवा की सराहना देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी अपने प्रसिद्ध रेडियो कार्यक्रम मन की बात में की थी। प्रधानमंत्री ने राजू से बातचीत कर उनके सेवा भाव और जज्बे की प्रशंसा की थी।
आबादपुरा की ईएस 467 भट्टियों वाली गली में सीवरेज जाम से लोगों को परेशानी
जालंधर| जालंधर शहर के मोहल्ला आबादपुरा, वार्ड 34 स्थित ईएस 467 भट्टियों वाली गली के निवासियों ने लंबे समय से सीवरेज जाम की समस्या उठाई है। निवासियों के अनुसार काफी समय से सफाई नहीं होने से लाइन बंद पड़ी है, जिससे गली में गंदगी जमा हो रही है और मच्छरों का प्रकोप बढ़ रहा है। स्थानीय लोगों ने बताया कि बरसात के मौसम में पानी और गंदगी के जमाव के कारण गली में आना-जाना बेहद कठिन हो गया है। समस्या के चलते आसपास के घरों और रास्तों पर भी असर पड़ रहा है। इस संबंध में गली निवासी गुरदर्शन लाल मोहल्ला आबाद पुराने वार्ड 34 में सीवरेज व्यवस्था को बहाल करने और बंद पड़े सिस्टम को चालू कराने की मांग रखी।
निगम कमिश्नर ने गांधी नगर डिस्पोजल का निरीक्षण किया
भास्कर न्यूज | जालंधर नगर निगम आयुक्त निकास कुमार ने वार्ड नं. 73 में गांधी नगर डिस्पोजल का दौरा कर व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। बरसात को ध्यान में रखते हुए आयुक्त के साथ नगर निगम की टीम मौके पर मौजूद रही। निरीक्षण के दौरान एसडीओ, एक्सईएन, जेई भी उनके साथ उपस्थित थे। इसके बाद आयुक्त ने दोमोेरिया पुल का भी दौरा किया, जहां वॉटर रेन प्रोजेक्ट का काम चल रहा है। परियोजना स्थल पर कार्य प्रगति और व्यवस्थाओं को लेकर स्थिति का जायजा लिया गया। इस निरीक्षण में एसडीओ गगन लूथरा और जई सुनील भी मौके पर मौजूद रहे।
हाईकोर्ट में केस खत्म, 5 महीने बाद भी गढ़ा रोड से नहीं हटे 100 से ज्यादा कब्जे
भास्कर न्यूज | जालंधर साल 2018 में गढ़ा रोड पर स्ट्रीट वेंडर्स को तीन दिन के भीतर जगह खाली करने की मुनादी कराने वाला नगर निगम अब खुद सवालों के घेरे में है। पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने 12 फरवरी 2026 को स्ट्रीट वेंडर्स की याचिका की पैरवी ना होने के कारण खारिज कर दी, साथ ही लंबित सभी आवेदन भी समाप्त कर दिए। लेकिन इसके बावजूद करीब पांच महीने बीत जाने पर भी नगर निगम ने मौके पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। जिस मामले को लेकर करीब आठ साल तक कानूनी लड़ाई चली, वह अदालत में समाप्त होने के बाद भी नगर निगम की फाइलों में दबा नजर आ रहा है। इस बीच पंजाब रोडवेज जालंधर डिपो-2 ने भी नगर निगम को पत्र लिखकर सड़क किनारे हुए अवैध कब्जे हटाने की मांग की। पत्र में कहा कि सरकारी कार्यालय की दीवार के साथ सड़क पर रेहड़ी-फड़ियों के कारण कब्जा हो गया, जिससे आवाजाही प्रभावित हो रही है। इसके बावजूद नगर निगम ने अब तक कोई कार्रवाई नहीं की। बस स्टैंड के पास गढ़ा रोड पर आज भी अधिकांश रेहड़ियां और फड़ियां पहले की तरह संचालित हो रही हैं। जबकि 2018 में नगर निगम ने मुनादी करवाकर स्ट्रीट वेंडर्स को तीन दिनों के भीतर जगह खाली करने का निर्देश दिया था। इसके बाद वेंडर्स पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट पहुंच गए थे। उनका तर्क था कि स्ट्रीट वेंडर्स (प्रोटेक्शन ऑफ लाइवलीहुड एंड रेगुलेशन ऑफ स्ट्रीट वेंडिंग) एक्ट-2014 के तहत सर्वे, टाउन वेंडिंग कमेटी की प्रक्रिया और वेंडिंग सर्टिफिकेट जारी किए बिना उन्हें हटाया नहीं जा सकता। कोर्ट रिकॉर्ड में दिए सर्वे के अनुसार गढ़ा रोड पर करीब 117 स्ट्रीट वेंडर हैं, जिनमें एक तरफ 72 और दूसरी तरफ 45 स्टॉल हैं। वेंडर्स का यह भी दावा था कि नगर निगम वर्षों तक उनसे तहबाजारी वसूलता रहा, कई को बिजली और टेलीफोन कनेक्शन भी दिए गए, लेकिन जब अधिकारों की बात आई तो स्ट्रीट वेंडर्स एक्ट की प्रक्रिया अपनाए बिना उन्हें हटाने की कार्रवाई शुरू कर दी। हालांकि हाईकोर्ट ने इन दलीलों के गुण-दोष पर कोई फैसला नहीं दिया। लेकिन 12 फरवरी 2026 को याचिकाकर्ताओं की ओर से पैरवी नहीं होने पर अदालत ने याचिका खारिज कर दी। इसके बाद मामला न्यायालय में समाप्त हो गया, लेकिन पांच महीने बाद भी नगर निगम की ओर से कोई ठोस कार्रवाई सामने नहीं आई।
भास्कर न्यूज | जालंधर सिख मिशनरी कॉलेज लुधियाना के जालंधर ज़ोन ने सिख मिशनरी कॉलेज, बस्ती शेख, मॉडल हाउस रोड में जोन स्तरीय धार्मिक प्रतियोगिताओं में जालंधर ज़ोन के विभिन्न सर्कलों के प्रतिभागियों ने कीर्तन, कविता, व्याख्यान, वार्तालाप तथा कविश्री में भाग लिया। इसमें जालंधर, भुंगरणी और कालड़ा सर्कल की टीमों ने अपनी सहभागिता दर्ज कराई। प्रतियोगिताओं में जालंधर सर्कल की टीमों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते प्रथम स्थान प्राप्त किया और इंटर-ज़ोनल प्रतियोगिताओं के लिए चयनित हुईं। प्रतियोगिता में विजेता विद्यार्थियों तथा उपस्थित अध्यापकों को स्मृति-चिह्न देकर सम्मानित किया। निर्णायक मंडल की भूमिका भाई अमनदीप सिंह, भाई तजिंदर सिंह, रज्जत सिंह तथा प्रिंसिपल मनदीप सिंह ने निभाई। इस मौके जोन प्रभारी रज्जत सिंह, धार्मिक प्रतियोगिताओं के जोनल प्रभारी सतपाल सिंह तथा सुखदीप सिंह को भी स्मृति-चिह्न देकर सम्मानित किया। समूचे आयोजन का प्रबंधन सिख मिशनरी कॉलेज लुधियाना के सुप्रीम काउंसिल सदस्य बलजीत सिंह के प्रयासों तथा धन-धन साहिब श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की पावन अगुवाई में संपन्न हुआ। इस मौके रजिंदर सिंह, रज्जत सिंह, सतपाल सिंह, सुखदीप सिंह, भाई अमनदीप सिंह, भाई तजिंदर सिंह, बलजीत सिंह, बीबी अमृतपाल कौर, प्रिंसिपल मनदीप सिंह, समस्त स्टाफ तथा बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने उपस्थिति दर्ज कराई।
पंजाब और चंडीगढ़ में मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है। मौसम विभाग ने आज भी कई जिलों में बारिश को लेकर ऑरेंज और यलो अलर्ट जारी किया है। पिछले 24 घंटों में हुई बारिश के कारण प्रदेश के औसत अधिकतम तापमान में करीब 3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। वहीं, बठिंडा सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 37 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार 29 जुलाई को पंजाब और चंडीगढ़ के कई इलाकों में गरज-बिजली गिरने के साथ बारिश होने की संभावना है। इसके बाद 30 जुलाई से 3 अगस्त तक राज्य के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी रह सकता है। बारिश के बाद तापमान में आई गिरावट मौसम विभाग के अनुसार पंजाब के औसत अधिकतम तापमान में 3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई है, जो सामान्य से 3.1 डिग्री सेल्सियस कम है। वहीं, औसत न्यूनतम तापमान में भी 0.5 डिग्री सेल्सियस की कमी दर्ज की गई। चंडीगढ़ में अधिकतम तापमान 29.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से 4.2 डिग्री सेल्सियस कम रहा। वहीं, न्यूनतम तापमान 24.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ, जो सामान्य से 2.2 डिग्री सेल्सियस कम है। कई जिलों में झमाझम बारिश 24 घंटों के दौरान पंजाब के कई हिस्सों में बारिश दर्ज की गई। सबसे अधिक वर्षा रूपनगर के श्री आनंदपुर साहिब में 81.5 मिमी और पठानकोट के थीन डैम में 77.5 मिमी रिकॉर्ड की गई। चंडीगढ़ में सुबह तक एयरपोर्ट पर 2.0 मिमी और शहर में 1.7 मिमी बारिश हुई। इसके बाद सुबह 8:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक एयरपोर्ट क्षेत्र में 58 मिमी और शहर में 45.6 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई। इसके अलावा मोहाली में 28.5 मिमी, भटिंडा में 20 मिमी, केवीके पठानकोट में 27 मिमी, भाखड़ा डैम में 34 मिमी, बलोवाल सौंखड़ी में 15.2 मिमी और लुधियाना में 13.6 मिमी बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग की सलाह मौसम विभाग ने भारी बारिश और आकाशीय बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। विभाग के अनुसार निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन सकती है। ऐसे में अनावश्यक यात्रा से बचने और खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी गई है।
इनर व्हील क्लब ने बच्चों को पौष्टिक खाना और राशन सामग्री दी, अपाहिज आश्रम के 40 लोगों को भोजन परोसा
भास्कर न्यूज|जालंधर इनर व्हील क्लब ऑफ जालंधर ने लर्निंग हब सोसायटी में शाम की कक्षाओं में पढ़ते बच्चों के लिए एक इन्वर्टर भेंट किया। साथ ही बच्चों को चिप्स, बिस्कुट तथा रूह अफजा की बोतलें बांटीं। वहीं क्लब ने एक जरूरतमंद युवती के प्रसव, शल्य चिकित्सा, दवाइयों तथा प्रसवोत्तर देखभाल का पूरा खर्च वहन किया। युवती ने एक स्वस्थ कन्या को जन्म दिया। क्लब सदस्यों ने मदर टेरेसा होम में बच्चों को पौष्टिक भोजन एवं राशन सामग्री तथा अपाहिज आश्रम के 40 निवासियों को दोपहर का भोजन परोसा। विद्यार्थियों की सुविधा को ध्यान में रखते क्लब ने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, वडाला में एक वाटर कूलर दान किया। क्लब की सदस्य डॉ. हरजिंदर ने लायलपुर खालसा कॉलेज में छात्राओं के लिए मासिक धर्म स्वच्छता पर जागरूकता सत्र करवाया। उन्होंने मासिक धर्म के दौरान स्वच्छता, उचित देखभाल की जानकारी दी। छात्राओं के प्रश्नों का समाधान भी किया तथा 100 सैनिटरी पैड के पैकेट बांटे। क्लब की नियमित मासिक सेवा परियोजना के अंतर्गत गायों के लिए चारे की व्यवस्था की। साथ ही घायल पशुओं के लिए पशु संरक्षण गृह को जरूरी दवाइयां भी भेंट कीं। शाम की पाठशाला में पढ़ते बच्चों को ड्राइंग बुक, रंग तथा पानी की बोतलें बांटीं। बच्चों के मनोरंजन और खुशियों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से क्लब ने निक्कू पार्क में आखिरी उम्मीद सोसायटी द्वारा आयोजित समर कैंप एवं मैजिक शो में बच्चों के लिए जलपान की व्यवस्था की। इसके अतिरिक्त क्लब ने आखिरी सहारा सेवा घर के निवासियों की सहायता के लिए दो माह की आवश्यक राशन सामग्री दान की। इस सामग्री में आटा, चावल, चीनी, खाद्य तेल, चाय, दालें, बिस्कुट, रस्क, साबुन, डिटर्जेंट तथा विभिन्न प्रकार के मसाले पर्याप्त मात्रा में शामिल थे।
उत्कृष्ट उपलब्धियों के लिए 7 विद्यार्थी और उत्कृष्ट शिक्षण कार्य के लिए आठ शिक्षक किए सम्मानित
भास्कर न्यूज | जालंधर भारत विकास परिषद मुख्य शाखा ने गवर्नमेंट गर्ल्स सीसे. स्कूल लाडोवाली रोड में 8वें गुरु वंदन-छात्र अभिनंदन एवं छात्रवृत्ति वितरण समारोह करवाया। शुभारंभ वंदे मातरम् के साथ हुआ। मंच संचालन गोल्डन मेम्बर हर्षवर्धन शर्मा ने किया तथा गुरु वंदन-छात्र अभिनंदन कार्यक्रम का सफल संचालन किया। कार्यक्रम में 7 विद्यार्थियों को उनकी उत्कृष्ट उपलब्धियों के लिए स्मृति चिह्न एवं प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित किया। साथ ही 8 शिक्षकों को उत्कृष्ट शिक्षण कार्य एवं विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए स्मृति चिह्न और ‘योग मंजरी' पुस्तक देकर सम्मानित किया। परिषद की छात्रवृत्ति वितरण परियोजना के अंतर्गत प्रोजेक्ट डायरेक्टर राज सभ्रवाल ने 12 विद्यार्थियों को 1500 रुपए प्रति विद्यार्थी की छात्रवृत्ति दी। वहीं हर छात्र को 10 कॉपियां एवं 10 पेन का सेट भी भेंट किया। मुख्यातिथि राज कुमार चौधरी (पूर्व प्रांत अध्यक्ष) ने विद्यार्थियों से मन लगाकर अध्ययन करने, अनुशासन से अपने उज्ज्वल भविष्य के लिए निरंतर मेहनत करने का आह्वान किया। हर विद्यार्थी जीवन में अपना लक्ष्य स्पष्ट रूप से निर्धारित करे। परिषद के सेवा प्रमुख परवीन मग्गू ने कहा कि जंक फूड से हमेशा बचें। बच्चों को घर का बना सादा, पौष्टिक एवं संतुलित भोजन करने की सलाह दी, जिससे शरीर को आवश्यक पोषण मिले, स्वास्थ्य अच्छा रहे तथा पढ़ाई में एकाग्रता बनी रहे। विद्यालय प्राचार्या सुनीता सहोता ने भारत विकास परिषद का आभार जताया। शाखा अध्यक्ष पवन कुमार गर्ग ने विद्यालय की प्राचार्या, सभी अध्यापकों, परिषद के सदस्यों एवं विद्यार्थियों का कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग के लिए आभार जताया। समापन राष्ट्रगान जन गण मन के साथ किया।
उद्योगों को राहत... अब स्वीकृत बिजली लोड से 25 फीसदी अधिक कैपेसिटी के सोलर पैनल लगाने की अनुमति मिली
पंजाब की नई इंडस्ट्रियल एंड बिजनेस डेवलपमेंट पॉलिसी के तहत इंडस्ट्री संचालकों की बड़ी सुविधा मिल गई है। पहले इंडस्ट्रीज के बिजली कनेक्शन का जितना लोड होता था, उससे अधिक कैपेसिटी का सोलर पैनल लगाना प्रतिबंधित था। अब ये नियम बदल गया है। पावरकॉम ने आज नया आदेश जारी किया है। उद्योगों को अपनी मंजूरशुदा बिजली लोड का 125% तक सोलर एनर्जी प्लांट लगाने की इजाजत दे दी है। पहले यह सीमा 100% तक सीमित थी। ये सुविधा तब दी गई है जब गर्मीयों में 4000 मेगावाट तक बिजली लोड बढ़ जाता है। पंजाब में 13000 मेगावाट बिजली जेनरेट करने की सुविधा है, लेकिन लोड 17000 मेगावाट पहुंच रहा है। लोग जितनी बिजली खुद पैदा करेंगे, उतना ही बिजली संकट हल होगा। थर्मल प्लांट बनाने में 2-3 साल लग जाते हैं मगर सोलर पैनल इंस्टालेशन से चंद दिनों में बिजली मिलने लगती है। दिन में बिजली की डिमांड अधिक होती है, उसी दौरान सोलर पावर वरदान बन जाती है। सर्कुलर के अनुसार, पंजाब सरकार की इंडस्ट्रियल पॉलिसी के क्लॉज 6.7.9 का पालन करते हुए अब उपभोक्ता अपनी स्वीकृत कॉन्ट्रैक्ट डिमांड का 125% तक सोलर या रिन्यूएबल एनर्जी सिस्टम स्थापित कर सकेंगे। उदाहरण के तौर पर, यदि किसी फैक्ट्री का स्वीकृत लोड 100 केवीए है, तो वह पहले 100 केवीए क्षमता का सोलर प्लांट ही लगा सकती थी, लेकिन अब वह 125 केवीए तक का सोलर सिस्टम लगा सकेगी। पावरकॉम ने जारी किया आदेश : नेट-मीटरिंग से घटेंगे बिजली बिल अपनी जरूरत से ज्यादा सोलर बिजली पैदा कर उद्योग पॉवरकानम को ग्रिड के जरिए नेट-मीटरिंग या ओपन एक्सेस से दे सकेंगे, जिससे उनके बिजली बिल कम होंगे। कार्बन फुटप्रिंट घटेगा। लोड बढ़ाने की लंबे प्रोसेस के बिना ही कंपनियां अपनी सोलर क्षमता में 25% का विस्तार कर सकेंगी। पंजाब में लगभग 1,118 मेगावाट से 1,400 मेगावाट के करीब सोलर पावर जनरेशन कैपेसिटी स्थापित है। राज्य के भीतर सीमित जगह होने के कारण पावरकाम बाहरी राज्यों से भी सोलर पावर (लगभग 1,280 मेगावाट) खरीदता है। राज्य में छतों पर लगे सोलर पैनलों की क्षमता 500 मेगावाट के आंकड़े को पार कर चुकी है। ये 250-250 मेगावाट के 2 थर्मल प्लांट के बराबर है।
लुधियाना में अरविंद और मुस्कान ने घरवालों की मर्जी के खिलाफ जाकर लव मैरिज की। कुछ महीनों तक मुस्कान के परिजन ने उनसे दूरी बनाकर कर रखी। बाद में पंचायती राजीनामा हुआ और मुस्कान के परिजन ने उन्हें अपने घर के नजदीक किराए के एक घर में रखा। 8 महीने बाद अचानक अरविंद की मौत हो गई। अरविंद के भाई गोबिंद का आरोप है कि मुस्कान के परिजन अरविंद से रंजिश रखते थे, क्योंकि उसने मुस्कान के साथ भागकर शादी की थी। गोबिंद का कहना है- अरविंद के ससुर ने मौत से कुछ घंटे पहले मेरी मां को फोन पर कहा था कि ये कल जेल जाएगा। अरविंद के ससुराल वालों ने ही उसकी हत्या की है। कह रहे हैं कि उसे सांप ने डंसा है, लेकिन असल में उसे जहर देकर मारा है। अरविंद के परिजन ने जब हत्या का आरोप लगाया तो इसी विवाद में 3 दिन तक शव सिविल अस्पताल की मॉर्च्युरी में पड़ा रहा। अब पुलिस ने डॉक्टरों के बोर्ड से शव का पोस्टमॉर्टम करवा दिया और परिजन ने उसका अंतिम संस्कार कर दिया। सूत्रों के अनुसार, पोस्टमॉर्टम में अरविंद के सिर पर हल्की चोट का निशान मिला है। हालांकि, मौत का असली कारण विसरा रिपोर्ट आने के बाद पता लगेगा। मृतक के भाई ने ससुरालियों पर लगाए ये गंभीर आरोप… मुस्कान व अरविंद की लव स्टोरी... डॉक्टरों के बोर्ड से करवाया पोस्टमॉर्टम कंगनवाल पुलिस चौकी के ASI व जांच अधिकारी सुरजीत सिंह का कहना है कि परिजन ने उन्हें बीमारी से मौत की सूचना दी थी। अब मृतक के परिवार ने हत्या की आशंका जताई है। उन्हें शक है कि उसे कुछ जहरीला पदार्थ दिया गया है। उन्होंने बताया कि डाक्टरों के बोर्ड से उसका पोस्टमॉर्टम करवाया है। बिसरा जांच के बाद फाइनल रिपोर्ट आएगी और उसके बाद ही साफ होगा कि उसकी मौत कैसे हुई। उन्होंने कहा कि परिजन के बयान के आधार पर आगे कार्रवाई की जाएगी। ॰॰॰॰॰॰॰॰॰॰॰॰ यह खबर भी पढ़ें… लुधियाना में शादी के 5 महीने बाद सुसाइड, युवक नहर में कूदा, मरने से पहले VIDEO बनाया लुधियाना में एक युवक ने शादी के 5 महीने बाद गिल नहर में कूदकर आत्महत्या कर ली। मरने से पहले उसने एक वीडियो भी शूट किया, जिसमें उसने अपनी पत्नी और उसके मायके वालों पर आरोप लगाया कि उसे मानसिक रूप से परेशान किया जा रहा था। पढ़ें पूरी खबर…
लुधियाना के कस्बा समराला स्थित सिविल अस्पताल में मृतक का शव मोर्चरी के बाहर खुले में रखे जाने के मामले को पंजाब राज्य एवं चंडीगढ़ (यूटी) मानवाधिकार आयोग ने गंभीरता से लिया है। आयोग ने मीडिया रिपोर्ट के आधार पर स्वत: संज्ञान (सुओ मोटू) लेते हुए जिला स्वास्थ्य अधिकारियों से इस मामले में जवाब तलब किया है। आयोग ने 28 जुलाई को जारी अपने आदेश में कहा कि यदि मीडिया रिपोर्ट में लगाए गए आरोप सही पाए जाते हैं, तो यह अस्पताल प्रशासन की गंभीर लापरवाही का मामला होगा। इससे मृतक की गरिमा प्रभावित हुई है। मामले की अगली सुनवाई 20 अगस्त को होगी। आयोग ने जताई चिंता आयोग ने आदेश में कहा कि सरकारी अस्पताल जीवित मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं देने का दावा करते हैं, लेकिन यदि किसी मृतक के शव के साथ सम्मानजनक व्यवहार नहीं किया जाता, तो यह बेहद गंभीर और चिंताजनक विषय है। इस तरह की घटनाएं मानव गरिमा से जुड़े अधिकारों पर सवाल खड़े करती हैं। विस्तृत रिपोर्ट आयोग में दाखिल करें मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति संत प्रकाश, सदस्य न्यायमूर्ति गुरबीर सिंह और सदस्य जितेंद्र सिंह शंटी (पद्मश्री) की पीठ ने मामले की सुनवाई करते हुए सिविल सर्जन, लुधियाना को निर्देश दिए हैं कि वह अगली सुनवाई से एक सप्ताह पहले विस्तृत रिपोर्ट आयोग में दाखिल करें। आयोग ने अपने आदेश की प्रति पंजाब स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के निदेशक को भी आवश्यक कार्रवाई और जानकारी के लिए भेजी है। यह है पूरा मामला यह मामला समराला के हिम्मत नगर निवासी जूना पांडेय की मौत से जुड़ा है। परिजनों के अनुसार, पोस्टमार्टम के लिए शव को सिविल अस्पताल लाया गया था, लेकिन अस्पताल कर्मियों ने उसे लंबे समय तक मोर्चरी में रखने के बजाय बाहर ही छोड़ दिया। इससे परिजनों में रोष फैल गया और अस्पताल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठे। अस्पताल ने गठित की जांच कमेटी घटना के बाद सीनियर मेडिकल ऑफिसर (एसएमओ) डॉ. गुरतेजिंदर कौर ने मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय कमेटी गठित कर दी है। अस्पताल प्रशासन के अनुसार, सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों की जांच की जा रही है। जांच में यदि किसी कर्मचारी की लापरवाही सामने आती है तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
अमृतसर स्थित गोल्डन टेंपल के आसपास होटल एजेंटों द्वारा श्रद्धालुओं को परेशान किए जाने का मामला एक बार फिर सामने आया है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में एक निहंग कार में बैठे-बैठे सड़क किनारे खड़े होटल एजेंट को थप्पड़ मारता है। इसके बाद निहंग सिंह साथियों के साथ कार में बैठकर गोल्डन टेंपल के आसपास के इलाकों का दौरा करते हैं। इस दौरान वह रास्ते में खड़े अन्य होटल एजेंटों से भी बातचीत करते नजर आते हैं। वीडियो में निहंग सिंह कहते हैं कि उन्हें लगातार संगत की ओर से शिकायतें मिल रही हैं कि कुछ होटल एजेंट आने-जाने वाले श्रद्धालुओं को रास्ते में रोककर जबरन कमरा लेने के लिए कहते हैं। निहंग सिंह कई एजेंटों को बुलाकर पूछते हैं कि वे सड़क पर खड़े होकर क्या कर रहे हैं। एजेंट जवाब देते हैं कि वे होटल बुकिंग का काम करते हैं। इस पर निहंग सिंह कहते हैं कि उन्हें पहले भी कई बार चेतावनी दी जा चुकी है, लेकिन इसके बावजूद श्रद्धालुओं को रास्ते में रोकने का सिलसिला अभी भी जारी है। निहंग सिंह सभी होटल एजेंटों को सड़क पर खड़े होकर श्रद्धालुओं को रोकने से मना करते हैं और दोबारा ऐसा करने पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी भी देते हैं। अब पढ़िए, क्या बातचीत हो रही है निहंग: हां जी, वाहेगुरु जी का खालसा, वाहेगुरु जी की फतेह जी। लो जी, आज फिर हमारे पास संगत की शिकायत पहुंची थी। अब आपको दिखाते हैं... यह देखिए... ये होटल वाले बैठे हैं…। (पहले युवक से बातचीत) निहंग: ओए! होटल है? होटल है? युवक: बाबा जी, मेरा घर है, किसी से भी पूछ लो। निहंग: मैनें तेरी वीडियो बनाई है। होटल वाला है, मैंने पहले भी कई बार समझाया है। तू सुधरेगा नहीं? दूसरे एजेंट से बातचीत निहंग: कमरा कितने का है? व्यक्ति: बाबा जी, कमरा... फैमिली है? अकेले हैं या साथ में? निहंग: और जो फैमिली वाले आते हैं, वो दिखाई नहीं देते? व्यक्ति: नहीं-नहीं, वो सामने होटल… है निहंग: तेरे बताने से ज्यादा पता होगा? व्यक्ति: नहीं-नहीं, बाबा जी, कोई बात नहीं। निहंग: यहां खड़ा मत होना आगे से । दोबारा यहां मत दिखाई देना। व्यक्ति: ठीक है, ठीक है। निहंग: चल। तीसरे एजेंट से बातचीत निहंग: होटल है? होटल? एजेंट: फैमिली है निहंग: .इसके मार छितर...साथ ही एक थप्पड़ निहंग सिंह गाड़ी में से युवक के लगाता है। इतने में वीडियो खत्म हो जाती है।
कर्मचारियों का अल्टीमेटम-बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स का फैसला लागू न हुआ तो उग्र होगा आंदोलन
भास्कर न्यूज | अमृतसर पंजाब स्टेट पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड (पीएसपीसीएल) के नोडल शिकायत केंद्रों, सुविधा केंद्रों, मीटर लैब और स्टोरों में कार्यरत आउटसोर्स कर्मचारियों ने मंगलवार को माल मंडी स्थित बिजली बोर्ड दफ्तर में पंजाब सरकार और बिजली मंत्री के खिलाफ जोरदार रोष प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि सरकार और पीएसपीसीएल प्रबंधन ने उन्हें विभाग के अधीन ठेके पर लेने के संबंध में बार-बार आश्वासन दिया, लेकिन हर बार वादाखिलाफी की गई। इससे कर्मचारियों में भारी नाराजगी है और अब संघर्ष को और तेज करने की चेतावनी दी गई है। कर्मचारियों ने बताया कि वे पिछले 16 वर्षों से करीब 12 हजार मासिक वेतन पर पीएसपीसीएल की महत्वपूर्ण सेवाएं निभा रहे हैं। उनका कहना है कि बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने सभी आउटसोर्स कर्मचारियों को विभाग के अधीन ठेके पर लेने का फैसला किया था, लेकिन आज तक इसे पूरी तरह लागू नहीं किया गया। कर्मचारी नेताओं ने बताया कि 24 मई 2026 को खन्ना में बिजली मंत्री के साथ हुई बैठक में 15 जून तक लिखित रूप में समाधान का भरोसा दिया गया था, लेकिन तय समय तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके विरोध में 20 जून से पटियाला में दिन-रात धरना शुरू किया गया, जो लगातार 22 दिन तक चला। बाद में 7 जुलाई को 12 से 15 जुलाई के बीच सभी मांगें पूरी करने का आश्वासन देकर धरना समाप्त कराया गया, लेकिन इस बार भी सरकार अपने वादे पर खरी नहीं उतरी। कर्मचारियों के अनुसार, सरकार को लिखित अल्टीमेटम देने के बाद 22 जुलाई की रात से पूरे प्रदेश के आउटसोर्स कर्मचारी फिर से हड़ताल पर हैं। उनका आरोप है कि सरकार और प्रबंधन की ओर से अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई, जिससे कर्मचारियों में रोष लगातार बढ़ता जा रहा है। प्रदर्शन के दौरान कर्मचारी नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने जल्द बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स के फैसले को लागू कर सभी पात्र आउटसोर्स कर्मचारियों को पीएसपीसीएल के अधीन ठेके पर नहीं लिया, तो आंदोलन को पूरे प्रदेश में और व्यापक तथा उग्र बनाया जाएगा। प्रदर्शन में विशाल शर्मा, मनीष, भुवन भारद्वाज, गुरलाल सिंह, अमित कुमार, मनतेज सिंह और मनप्रीत सिंह सहित एनसीसी, सीआरसी, मीटर लैब व स्टोरों से जुड़े बड़ी संख्या में कर्मचारी मौजूद रहे।
1 लाख के इनामी तस्कर हम्मा की अग्रिम जमानत याचिका खारिज
भास्कर न्यूज | अमृतसर पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करी नेटवर्क से जुड़े आरोपी हरमनजीत सिंह संधू उर्फ हम्मा की दो अग्रिम जमानत याचिकाएं खारिज कर दी हैं। कोर्ट ने कहा कि मामले में भारी मात्रा में नशा बरामद हुआ है और पूरे नेटवर्क, पैसों के लेन-देन तथा साजिश का पता लगाने के लिए आरोपी से हिरासत में पूछताछ जरूरी है। तरनतारन के नौशहरा ढाला के रहने वाले हम्मा की गिरफ्तारी के लिए एनसीबी अमृतसर ने मई 2026 में एक लाख के इनाम की घोषणा की थी। हाईकोर्ट में जस्टिस आलोक जैन ने कहा कि मामला सीमा पार से होने वाली संगठित ड्रग तस्करी से जुड़ा है। ऐसे मामलों में जांच पूरी करने और पूरे गिरोह का पता लगाने के लिए जांच एजेंसी को पर्याप्त अवसर मिलना चाहिए। एनसीबी के अनुसार, एक मामले में 15 फरवरी 2026 को की गई कार्रवाई में 2.950 किलो अफीम, 5.504 किलो मेथामफेटामाइन और 8.740 किलो हेरोइन बरामद हुई थी। वहीं दूसरे मामले में 11 मार्च 2026 को 9.332 किलो हेरोइन बरामद की गई। सबसे पहले हरमनजीत का नाम किल्सियां गांव के सरपंच परमजीत सिंह उर्फ पम्मा के साथ भी जुड़ा। पम्मा ने हरमनजीत को पनाह दी थी। इसी मामले में एनसीबी अमृतसर के रहने वाले कमल बोरी से भी सवाल जवाब कर चुकी है। पम्मा की गिरफ्तारी के बाद यह मामला राजनीतिक मुद्दा भी बना। सुनवाई में एजेंसी ने दावा किया कि आरोपी का नाम सह-आरोपियों के बयानों के अलावा डिजिटल सबूतों और कॉल रिकॉर्ड से भी जुड़ता है। इस पर याचिकाकर्ता की दलील रही कि उसका नाम सिर्फ सह-आरोपियों के खुलासों के आधार पर जोड़ा गया है। उसके खिलाफ कोई इंडिपेंडेंट सबूत नहीं है। उसके परिवार को परेशान कर उसे झूठा फंसाया गया है। वहीं एनसीबी ने अदालत में कहा कि आरोपी अंतरराष्ट्रीय ड्रग नेटवर्क का अहम सदस्य है। एजेंसी ने उसकी संपत्तियों, डिजिटल सबूतों और अन्य आरोपियों से संबंधों का भी हवाला दिया। इस पर अदालत ने माना कि आरोपी को अग्रिम जमानत देने का कोई आधार नहीं बनता
‘कदे दादे दीयां कदे पोते दीयां' नाटक का मंचन
अमृतसर| विरसा विहार में प्रीत नगर आर्ट ग्रुप की ओर से नाटक ‘कदे दादे दीयां कदे पोते दीयां' का मंचन किया गया। इस मौके पर नशा विरोधी समाज निर्माण संस्था के चेयरमैन व समाज सेवक बालकृष्ण शर्मा शामिल हुए। इस नाटक में बताया गया कि कैसे नौजवान पीढ़ी चमक दमक की दुनिया में पैर रखकर अपना जीवन बर्बाद करने में लगी हुई है। अपने बड़ों का कहना न मानकर अपनी मनमर्जी करने में लगी हुई है। डायरेक्टर साहिल प्रीत व नशा विरोधी समाज निर्माण संस्था के चेयरमैन बालकृष्ण शर्मा ने कहा कि यह नाटक नई पीढ़ी तथा पुरानी पीढ़ी के विचारों पर आधारित था। इस अवसर पर मेयर जतिंदर सिंह मोती भाटिया भी मौजूद थे। कार्यक्रम में 15 कलाकारों ने अपनी कला का मंचन किया जिनमें करमजीत सिंह संधू, गहरी शेरगिल, फ्रांसिस, स्नेहा, यशप्रीत, जर्मन, ब्रिज आदि शामिल थे।

