बंगाल के फाल्टा में मतगणना जारी, दोपहर 1 बजे तक परिणाम घोषित होने की उम्मीद
पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले में फाल्टा विधानसभा क्षेत्र के लिए रविवार सुबह 8 बजे से कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच मतगणना शुरू हो गई है।
छतरपुर में न्यायालय परिसर के पास 23 वर्षीय युवक की गला रेतकर बेरहमी से हत्या कर दी गई। घटना रविवार रात लवकुशनगर थाना क्षेत्र में हुई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। मृतक की पहचान 23 वर्षीय केके गुप्ता के रूप में हुई है। शुरुआती जांच और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, इस खूनी वारदात के पीछे पैसों के लेनदेन का पुराना विवाद बताया जा रहा है। गला रेतकर की हत्यान्यायालय परिसर के पास केके गुप्ता का कुछ लोगों से पैसों के लेनदेन को लेकर विवाद हो गया था। देखते ही देखते बहस इतनी बढ़ गई कि आरोपियों ने तैश में आकर धारदार हथियार निकाल लिया और केके गुप्ता पर हमला कर दिया। आरोपियों ने बेरहमी से युवक का गला रेत दिया। अत्यधिक खून बह जाने के कारण युवक ने मौके पर ही तड़प-तड़पकर दम तोड़ दिया, जबकि आरोपी वारदात के बाद मौके से फरार हो गए। कार पर खून के निशान मिले हमलावरों ने पहले युवक को कार के भीतर ही चाकू मारे उसके बाद उसे बाहर निकालकर गला रेत दिया। खून के निशान कार के गेट पर दिखाई दे रहे हैं। पुलिस ने कार भी जब्त कर ली है। घटना के बाद लवकुशनगर थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए शव को कब्जे में लेकर पंचनामा तैयार किया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस की फॉरेंसिक टीम और वरिष्ठ अधिकारियों ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए हैं। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने अलग-अलग टीमें गठित कर संभावित ठिकानों पर रवाना कर दी हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामला दर्ज कर लिया गया है और आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है।
छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में पानी को लेकर शुरू हुआ विवाद शनिवार को खूनी संघर्ष में बदल गया। एक ही परिवार के दो पक्षों के बीच जमकर मारपीट हुई। दोनों ओर से डंडे, लोहे की रॉड और कुल्हाड़ी से हमला किया गया। इस घटना में 9 लोग घायल हुए हैं, जिनमें कई की हालत गंभीर बताई जा रही है। सभी घायलों को इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। ग्रामीणों के मुताबिक दोनों परिवारों के बीच लंबे समय से जमीन विवाद भी चल रहा है। दोनों पक्ष आपस में रिश्तेदार हैं और उनके दादा सगे भाई थे। इससे पहले भी जमीन विवाद को लेकर दोनों पक्षों के बीच खूनी झड़प हो चुकी है। उस दौरान भी टंगिया से हमला किया गया था, जिसके बाद पुलिस चौकी में समझौता कराया गया था। हालांकि इस बार पानी को लेकर हुआ विवाद पुरानी रंजिश को फिर से भड़का गया। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है। मामला जेवरा सिरसा चौकी क्षेत्र के ग्राम दांडेसरा का है। पहले देखिए ये तस्वीरें… पानी भरने पंचायत पहुंचा था परिवार जानकारी के मुताबिक गांव में पिछले तीन दिनों से बिजली बंद थी। बिजली नहीं होने के कारण पानी की समस्या भी बढ़ गई थी। इसी बीच पानी भरने और टंकी की चाबी को लेकर पंचायत में विवाद शुरू हो गया। आरोप है कि एक पक्ष ने पानी की टंकी की चाबी देने से इनकार कर दिया, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और जमकर मारपीट शुरू हो गई। जानिए किसने क्या कहा ? पहले पक्ष की ओर से मोनू यादव ने बताया कि उसका चाचा भैंस चराने खेत गया था। इसी दौरान दूसरे पक्ष के लोगों ने उसे घेर लिया और जान से मारने की नीयत से हमला कर दिया। मोनू का आरोप है कि सियाराम, रितेश, नकूल और सहदेव ने मिलकर टंगिया और डंडों से हमला किया। जब वह बीच-बचाव करने पहुंचा तो उसके ऊपर भी हमला कर दिया गया। इस हमले में उसके हाथ और कंधे में गंभीर चोट आई है। उसने बताया कि उनके पक्ष के 5 लोग घायल हुए हैं। वहीं, दूसरे पक्ष की ओर से सियाराम की बेटी ने आरोप लगाया कि बिरबल, भगवती, हरखंड, शिवप्रसाद और चेतन उनके घर में घुसकर मारपीट करते हैं। उसने बताया कि गांव में पानी की समस्या के कारण वे पंचायत से चाबी लेकर पानी भरने पहुंचे थे, लेकिन वहां ताला लगा दिया गया। विरोध करने पर गाली-गलौज शुरू हो गई और फिर हमला कर दिया गया। उसने आरोप लगाया कि महिलाओं के साथ भी मारपीट की गई। परिवार के लोग खेत और खार में थे, वहां जाकर भी हमला किया गया। देर रात अस्पताल पहुंची पुलिस घटना के बाद गांव में तनाव की स्थिति बनी हुई है। देर रात पुलिस घायलों का बयान लेने दुर्ग जिला अस्पताल पहुंची। पुलिस ने दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए हैं। जेवरा सिरसा चौकी पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। दोनों पक्षों की शिकायत के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
गोंडा में सरयू नहर में नहाते समय बहे 21 वर्षीय मोहम्मद कैफ की तलाश में आज रविवार सुबह से ही SDRF ने सर्च अभियान शुरू कर दिया है। शनिवार देर शाम भीषण गर्मी से बचाव के लिए नहर में नहाने गए कैफ पानी की गहराई का अंदाजा न होने के कारण बह गए थे। लखनऊ से गोंडा पहुंची SDRF की टीम ने 15 घंटे बाद यह अभियान शुरू किया। अब तक लगभग 1 किलोमीटर से अधिक क्षेत्र में तलाश की जा चुकी है, लेकिन कोई सफलता नहीं मिली है। SDRF की टीमें लगातार अलग-अलग स्थानों पर मोहम्मद कैफ की तलाश कर रही हैं। स्थानीय गोताखोरों और लोगों की भी मदद ली जा रही है। मोहम्मद कैफ को ज्यादा दूर तक बहने से रोकने के लिए सरयू नहर में पानी को पूरी तरह से बंद करवा दिया गया है। मोहम्मद कैफ धानेपुर थाना क्षेत्र के बग्गी रोड स्थित आलमगीर की फर्नीचर दुकान पर काम करते थे। काम के बाद ही वह गर्मी से राहत पाने के लिए नहर में नहाने गए थे। उन्हें तैरना नहीं आता था। परिवार पिछले 15 घंटों से परेशान है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गोंडा जिला आपदा विशेषज्ञ राजेश श्रीवास्तव ने बताया कि SDRF की टीम ने मोहम्मद कैफ की तलाश के लिए सर्च अभियान शुरू कर दिया है। शव मिलने के बाद जो भी सरकार के नियम होंगे उसके हिसाब से आर्थिक मदद उपलब्ध कराई जाएगी अभी तक फिलहाल बॉडी नहीं मिली है लखनऊ से एसडीआरएफ की टीम को आना था इसलिए देर हुआ है। हमारे विभाग के भी लोग राजस्व विभाग के भी लोग मौके पर हैं पुलिस प्रशासन के भी लोग मौके पर है।
शाजापुर में बसों के फिटनेस और परमिट की जांच तेज:एसी स्लीपर बस में आग के बाद 36 बसों पर कार्रवाई
शाजापुर में पिछले हफ्ते एक एसी स्लीपर बस में आग लगने और एक बच्चे की मौत के बाद पुलिस और यातायात विभाग सतर्क हो गए हैं। यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए नेशनल हाईवे-52 पर एक विशेष जांच अभियान चलाया जा रहा है। शनिवार देर रात पनवाड़ी गांव के पास यातायात पुलिस ने एसी और अन्य यात्री बसों की सघन चेकिंग की, जिसमें 36 बसों पर कार्रवाई की गई। यातायात थाना प्रभारी सौरव शुक्ला के नेतृत्व में यह अभियान चलाया गया। इस दौरान बसों में इमरजेंसी गेट, अग्निशमन उपकरण, फर्स्ट एड बॉक्स और अन्य सुरक्षा मानकों की गहनता से जांच की गई। पुलिस ने बस चालकों के आवश्यक दस्तावेज और परमिट भी खंगाले। सुरक्षा नियम तोड़ने वाली बसों पर कार्रवाई पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यात्रियों की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। जिन बसों में सुरक्षा संबंधी अनियमितताएं या परमिट नियमों का उल्लंघन पाया जाएगा, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। यातायात थाना प्रभारी सौरव शुक्ला ने बताया कि लोक परिवहन बसों का यह विशेष चेकिंग एवं प्रवर्तन अभियान 21 मई से शुरू किया गया है, जो 27 मई तक लगातार जारी रहेगा। इस अभियान के तहत जिले में संचालित सभी यात्री बसों की फिटनेस, पंजीयन प्रमाण पत्र, परमिट, बीमा और सुरक्षा उपकरणों की जांच की जा रही है। चालकों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी इसके अतिरिक्त, ओवरलोडिंग, ओवरस्पीड, बिना वैध दस्तावेज के संचालन और नशे की हालत में बस चलाने वाले चालकों के खिलाफ भी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस का कहना है कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य यात्रियों को सुरक्षित यात्रा उपलब्ध कराना और भविष्य में किसी बड़ी दुर्घटना को रोकना है।
शाहजहांपुर पुलिस ने 84 वांछितों को किया गिरफ्तार:एसपी के निर्देश पर रात भर चला अभियान
शाहजहांपुर पुलिस ने अपराधियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने रात भर चले विशेष अभियान में 84 वारंटियों और वांछित अपराधियों को गिरफ्तार किया है। यह अभियान जिले के सभी थाना क्षेत्रों में चलाया गया। गिरफ्तार किए गए लोगों में गैर-जमानती वारंट (एनबीडब्ल्यू) वाले और विभिन्न मुकदमों में फरार चल रहे आरोपी शामिल हैं। पुलिस इन सभी आरोपियों को रविवार को न्यायालय में पेश करेगी। पुलिस अधीक्षक (एसपी) सौरभ दीक्षित के निर्देश पर अपराध पर लगाम लगाने के लिए यह अभियान चलाया गया। कई अपराधी पुराने मुकदमों में वांछित थे या कोर्ट में चल रहे मामलों में तारीखों पर हाजिर नहीं हो रहे थे। ऐसे वारंटियों और वांछितों की तलाश के लिए पुलिस ने यह विशेष कार्रवाई की। इस अभियान के तहत, नगर सर्किल से 10, सदर सर्किल से 22, तिलहर सर्किल से 16, जलालाबाद सर्किल से 20 और पुवायां सर्किल से 14 वांछितों को गिरफ्तार किया गया। कुल 84 गिरफ्तारियों के बाद संबंधित थानों में उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस ने बताया कि अपराधियों के खिलाफ यह कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। विभाग का कहना है कि भविष्य में भी ऐसे अभियान चलाए जाते रहेंगे ताकि जिले में अपराध पर प्रभावी नियंत्रण रखा जा सके।
सीतापुर के विकासखंड संदना क्षेत्र में अघोषित बिजली कटौती से परेशान किसानों का गुस्सा अब खुलकर सामने आने लगा है। सरवा पावर हाउस पर भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ताओं ने अनोखा प्रदर्शन करते हुए बोतल में “बिजली खरीदने” पहुंचकर विद्युत विभाग के खिलाफ विरोध जताया। किसानों ने पावर हाउस परिसर में चारपाई डालकर धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया और विभागीय अधिकारियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे किसान नेता उमेश पांडे ने कहा कि उपभोक्ता समय से बिजली बिल जमा कर रहे हैं, इसके बावजूद ग्रामीण क्षेत्रों में पर्याप्त बिजली आपूर्ति नहीं हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि विभागीय अधिकारी एसी कमरों में बैठकर यह दावा कर रहे हैं कि गांवों में 16 से 18 घंटे बिजली दी जा रही है, जबकि हकीकत इससे बिल्कुल अलग है। किसानों और आम उपभोक्ताओं को घंटों बिजली कटौती का सामना करना पड़ रहा है, जिससे खेती-किसानी और दैनिक जीवन प्रभावित हो रहा है। उमेश पांडे ने कहा कि किसान यूनियन ने विद्युत विभाग के खिलाफ चार चरणों में आंदोलन शुरू किया है। पहले चरण में पावर हाउस पर धरना प्रदर्शन किया जा रहा है। दूसरे चरण में एसडीएम कार्यालय का घेराव किया जाएगा। तीसरे चरण में मुख्य अभियंता विद्युत कार्यालय का घेराव होगा, जबकि चौथे और अंतिम चरण में लखनऊ पहुंचकर बड़ा प्रदर्शन किया जाएगा। धरना प्रदर्शन के दौरान किसानों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही बिजली व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा। प्रदर्शन की सूचना पर स्थानीय प्रशासन और विद्युत विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे और किसानों को समझाने का प्रयास किया।
पंचकूला पुलिस की क्राइम ब्रांच सेक्टर-26 टीम ने नशा तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 1 करोड़ रुपए की हेरोइन समेत एक युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान राहुल निवासी भूना, जिला फतेहाबाद के रूप में हुई है, जो फिलहाल रामगढ़ क्षेत्र में किराए पर रह रहा था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ थाना चंडी मंदिर में NDPS एक्ट के तहत केस दर्ज किया है। पंचकूला क्राइम ब्रांच-26 की टीम आईटी पार्क सेक्टर-22 क्षेत्र में गश्त पर थी। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि राहुल नामक युवक मोरनी टी-पॉइंट से गांव नाडा जाने वाली सड़क पर अपनी बाइक पर खड़ा होकर हेरोइन बेचने के लिए ग्राहक का इंतजार कर रहा है। सूचना को पुख्ता मानते हुए पुलिस टीम ने तुरंत मौके पर रेड की। रेड करके युवक को पकड़ा पुलिस ने आरोपी को बाइक समेत काबू कर लिया। पूछताछ में उसने अपना नाम राहुल निवासी वार्ड-12 हिसार रोड भूना, जिला फतेहाबाद बताया। आरोपी को कानूनी प्रक्रिया के तहत तलाशी का अधिकार बताया गया, जिसके बाद उसने राजपत्रित अधिकारी की मौजूदगी में तलाशी देने की सहमति दी। पंचकूला ACP विक्रम नेहरा मौके पर पहुंचे और उनकी निगरानी में तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान आरोपी की कैपरी की जेब से एक पारदर्शी पॉलिथीन में हल्के भूरे रंग का पाउडरनुमा पदार्थ बरामद हुआ। जांच में यह हेरोइन पाया गया। इलेक्ट्रॉनिक कांटे से वजन करने पर कुल मात्रा 262 ग्राम निकली। पुलिस ने बरामद हेरोइन को सील कर कब्जे में ले लिया। थाना चंडी मंदिर में केस दर्ज आरोपी से एक मोबाइल फोन, 1200 रुपए नकद और बाइक भी जब्त की गई। थाना चंडी मंदिर में आरोपी के खिलाफ NDPS एक्ट की धारा 21-C के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी गई है।
भाजपा मेयर सुषमा खर्कवाल को आखिरकार सपा के प्रत्याशी ललित तिवारी को पार्षद पद की शपथ दिला दी। रविवार को लालबाग स्थित नगर निगम कार्यालय में नगर आयुक्त और अन्य अधिकारियों की मौजूदगी में ललित को पार्षद पद की शपथ दिलाई गई। इसी के साथ इलाहाबाद हाईकोर्ट की ओर से लखनऊ मेयर के फ्रीज अधिकार फिर से पहले की तरह चालू हो गए। निकाय चुनाव-2023 में ललित तिवारी भाजपा प्रत्याशी प्रदीप कुमार शुक्ला से 1672 वोटों से हार गए थे। पहले राजकुमार हॉल में शपथ दिलाने के लिए लोग इक्कठा हुए थे। इसके बाद मेयर ने कहा कि अपने चैंबर में शपथ दिलाएंगी। उसके बाद सभी लोग मेयर के चैंबर में गए। खबर अपडेट की जा रही है…
भागलपुर में विक्रमशिला सेतु के क्षतिग्रस्त हिस्से पर बेली ब्रिज बनाया जा रहा है। तेजी से निर्माण कार्य चल रहा है। बॉर्डर रोड्स ऑर्गेनाइजेशन (बीआरओ) की निगरानी में चल रहे निर्माण कार्य के तहत एक स्लैब का काम पूरा हो गया है, दूसरे काम काम युद्धस्तर पर जारी है। बिहार देश का पहला राज्य है जहां टूटे हुए पुल पर बेली ब्रिज का निर्माण हो रहा है। पुल की क्षमता 10 टन भार सहने की होगी अधिकारियों के अनुसार निर्धारित समय सीमा के अंदर काम पूरा करने के लिए इंजीनियरों और तकनीकी कर्मियों की टीम दिन-रात जुटी हुई है। 4 मई को विक्रमशिला सेतु का एक हिस्सा क्षतिग्रस्त होकर गंगा नदी में गिर गया था, जिसके बाद पुल पर आवागमन पूरी तरह बंद कर दिया गया है। पुल बंद होने से भागलपुर, कोसी और सीमांचल क्षेत्र की लाखों आबादी प्रभावित हुई है। वन-वे व्यवस्था होगा लागू राज्य सरकार ने बीआरओ को अस्थायी बेली ब्रिज निर्माण की जिम्मेदारी सौंपी। करीब 49 मीटर लंबे इस अस्थायी ढांचे के माध्यम से क्षतिग्रस्त हिस्से को जोड़ा जा रहा है, ताकि छोटे वाहनों की आवाजाही जल्द शुरू हो सके। बेली ब्रिज तैयार होने के बाद प्रारंभिक चरण में छोटे वाहनों का परिचालन शुरू किया जाएगा। इसके लिए विशेष ट्रैफिक प्रबंधन योजना भी तैयार की जा रही है। वन-वे व्यवस्था के तहत नियंत्रित तरीके से वाहनों को पुल पार कराने की योजना बनाई गई है, जिससे सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। बेली ब्रिज से हल्के वाहन ही गुजरेंगे कहा कि इस तरह का ब्रिज पहली बार बनाया जा रहा है। यह सामान्य ब्रिज नहीं है, बल्कि एक क्षतिग्रस्त ब्रिज के ऊपर दूसरा ब्रिज तैयार किया जा रहा है, जिसके लिए विशेष तकनीकी कौशल और सावधानी की जरूरत होती है। ब्रिज पर केवल हल्के वाहन ही चल सकेंगे। चूंकि यह ब्रिज पहले से कमजोर पड़े ढांचे के ऊपर बनाया जा रहा है, इसलिए भारी वाहनों के गुजरने से इसके खिसकने का खतरा बना रहेगा। इसी कारण यहां वाहनों की आवाजाही सीमित रखी जाएगी। नाव से आना-जाना कर रहे लोग भागलपुर में विक्रमशिला पुर टूटने के बाद प्रशासन ने अस्थायी राहत के तौर पर नाव और स्टीमर सेवा शुरू कराई है। सुबह 5 बजे से शाम 5;30 बजे तक नावें चलाई जा रही हैं। निजी नाव चालकों का रजिस्ट्रेशन किया गया और किराया भी तय किया गया, ताकि यात्रियों से मनमानी वसूली न हो। कई लोग अब बरारी घाट और महादेवपुर घाट के बीच नाव से आवागमन कर रहे हैं। करीब 4.7 किलोमीटर लंबा विक्रमशिला सेतु भागलपुर को नवगछिया और सीमांचल से जोड़ने वाला बिहार का महत्वपूर्ण पुल है। इसका उद्घाटन वर्ष 2001 में तत्कालीन मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने किया था। पुल के निर्माण पर उस समय सैकड़ों करोड़ रुपये खर्च हुए थे। करीब 25 वर्ष पुराने इस पुल को पहले भी जर्जर बताया जाता रहा था।
लखनऊ के कई इलाकों में बिजली के लिए हाहाकार की स्थिति है। जमकर बिजली कटौती हो रही है। इस दौरान लोगों का गुस्सा भी अधिकारियों पर फूट रहा है। लोग कहीं सड़कों पर उतर रहे हैं तो कहीं पर विभागीय अधिकारियों को ही बंधक बना ले रहे हैं। शनिवार को फैजुल्लागंज स्थित श्याम विहार कॉलोनी के लोग बिजली संकट से परेशान होकर सड़क पर उतर आए और प्रदर्शन किया। वहीं BKT में बिजली उपकेन्द्रों के बाहर पुलिस तैनात कर दी गई। पारा-बुद्धेश्वर-दुबग्गा इलाके के सोना बिहार, मुनेश्वर पुरम, प्रभात पुरम, बादशाह खेड़ा, बुद्धेश्वर, बादल खेड़ा और जनता विहार कॉलोनी में पिछले करीब 36 घंटे से बिजली आपूर्ति बाधित रही। 20 मई की रात साउथ सिटी से बिजली आपूर्ति व्यवस्था चरमराई जो पारा, सआदतगंज की तरफ बढ़ गई। इन इलाकों में लगातार तीसरे दिन भी बिजली नहीं आई। सरोजनी नगर, राजाजीपुरम से लेकर चिनहट तक कई पावर हाउस से ट्रिपिंग और लंबी कटौती जारी है। लगातार तीसरे दिन बिजली न आने पर पारा इलाके के लोगों ने 22 मई को कई घंटे तक बुद्धेश्वर चौराहे पर जमकर बवाल किया। बताया जा रहा है कि इस दौरान विभाग के जेई की गाड़ी के टायर पंक्चर कर दिए गए। जेई को 22 की दोपहर 3 बजे जेई को सड़क पर रोककर बंधक बना लिया। लोगों ने उनको वहां से निकलने नहीं दिया। उनका कहना था कि बिजली आने पर ही किसी अधिकारी को गुजरने दिया जाएगा। बता दें कि बुधवार को उतरठिया के पास ऐसे ही हंगामे के बाद 150 लोगों पर FIR दर्ज हुई थी। इन बवालों के बीच पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने कटौती को ‘महा विद्युत आपदा’ कहा है। 3 तस्वीरें देखिए- बिजली संकट से परेशान लोग सड़क पर उतर आए शनिवार को फैजुल्लागंज स्थित श्याम विहार कॉलोनी के लोग बिजली संकट से परेशान होकर सड़क पर उतर आए और प्रदर्शन किया। स्थानीय लोगों का आरोप है कि इलाके में लगातार बंपर बिजली कटौती की जा रही है, जिससे घरों में पानी की सप्लाई भी प्रभावित हो रही है। भीषण गर्मी में घंटों बिजली गुल रहने से बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को सबसे ज्यादा दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। प्रदर्शन कर रहे लोगों ने बताया कि कई बार बिजली विभाग के अधिकारियों को फोन किया गया, लेकिन कोई फोन उठाने को तैयार नहीं है। लोगों का कहना है कि विभाग की लापरवाही के कारण समस्या लगातार बनी हुई है और शिकायतों के बावजूद समाधान नहीं हो रहा। 36 घंटे से बिजली गायब लखनऊ के पारा और आसपास के इलाकों में बिजली संकट कम होने का नहीं ले रहा है। सोना बिहार, मुनेश्वर पुरम, प्रभात पुरम, बादशाह खेड़ा, बुद्धेश्वर, बादल खेड़ा और जनता विहार कॉलोनी समेत कई क्षेत्रों में पिछले करीब 36 घंटे से बिजली गायब है। हालांकि देर रात कुछ समय के लिए सप्लाई बहाल हुई, लेकिन शनिवार सुबह से एक बार फिर बिजली गुल हो गई, जिससे लोगों की परेशानी और बढ़ गई है। भीषण गर्मी के बीच बिजली कटौती से पेयजल संकट भी गहरा गया है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि बिजली विभाग लगातार तकनीकी खराबी दूर करने का दावा कर रहा है, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पा रहा है। सआदतगंज के कई इलाकों में बिजली गुल सआदतगंज थाना क्षेत्र के अंतर्गत रामप्रसाद बिस्मिल नगर, अंबरगंज चौकी सहित कई इलाकों में 21 मई की रात से बिजली गुल है। यहां के लोगों की शिकायत है कि अचानक ओवरहेड तार टूट गए, जिससे आधे से ज्यादा इलाके की बिजली आपूर्ति खराब हो गई। उसके बाद बिजलीकर्मियों ने 4-5 बार मरम्मत की। लेकिन, हर बार 15-30 मिनट में तार टूटता रहा। तार जमीन पर पड़े हुए हैं। शिकायत पर आज शुक्रवार को फिर से दो बिजलीकर्मी पहुंचे लेकिन वे बिना मरम्मत किए ही लौट गए। लोगों ने तार को सड़क से थोड़ा ऊपर बांध दिया है। अब शुक्रवार के बिजली प्रदर्शन की तस्वीरें देखिए… 26 घंटे से झेल रहे बिजली कटौती लखनऊ के नीलमथा क्षेत्र स्थित शाही नूर कॉलोनी में ट्रांसफार्मर फुंकने से 500 से अधिक घर 26 घंटे से बिजली संकट झेल रहे हैं। गुरुवार रात 11 बजे नूर पैलेस के सामने लगा ट्रांसफार्मर खराब हो गया, जिसके बाद पूरी कॉलोनी की बिजली ठप हो गई। रातभर लोग गर्मी में परेशान रहे और सुबह पानी का संकट भी गहरा गया, क्योंकि सबमर्सिबल पंप नहीं चल सके। जलकल विभाग का एक टैंकर पहुंचा, लेकिन उससे कुछ घरों को ही दो-दो बाल्टी पानी मिल सका। निवासी महेश चंद्र शर्मा ने आरोप लगाया कि बिजली विभाग ने आश्वासन के बावजूद अब तक ट्रांसफार्मर नहीं बदला। चिनहट इलाके में 9 घंटे गुल रही बत्ती भीषण गर्मी के बीच चिनहट इलाके के अशरफ विहार में गुरुवार शाम करीब साढ़े पांच बजे बत्ती गुल हो गई। रात में करीब 10:30 बजे 15 मिनट के लिए बिजली आई। इसके बाद फिर से आपूर्ति ठप हो गई। रात करीब ढाई बजे बिजली आई। यह क्रम जारी रहा। करीब 9 घंटे बिजली न रहने से लोगों के इनवर्टर भी बंद हो गए। लोग घरों की छतों, बालकनियों, सड़कों और पार्कों में टहलकर रात गुजारते दिखे। बुजुर्गों, छोटे बच्चों और मरीजों को सबसे ज्यादा दिक्कत हुई। गुरुवार दिन में रोड जाम का हुआ था प्रदर्शन मोहान रोड पर बुद्धेश्वर चौराहे के पास गुरुवार सुबह करीब 2 घंटे प्रदर्शन हुआ था। आगरा एक्सप्रेस-वे को जाने वाले वाहनों को तिकुनिया रोड से डायवर्ट किया गया। उतरठिया अंडरपास के पास रायबरेली रोड पर करीब 1 घंटे प्रदर्शन हुआ। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस के बैरियर से ही रोड जाम किया। इस दौरान उनकी पुलिस से तीखी नोकझोंक हुई। इसके पहले बुधवार और मंगलवार पूरी रात अलग-अलग पावर हाउसों पर बवाल हुआ। गुस्साए लोगों ने पावर हाउसों का घेराव कर जमकर नारेबाजी की। लोगों के गुस्से को देखते हुए कई पावर हाउसों से बिजली विभाग के अफसर-कर्मचारी भाग गए। आरोप है कि फैजुल्लागंज पावर हाउस पर पुलिस ने लोगों को लाठियां फटकार कर खदेड़ दिया। फैजुल्लागंज उपकेंद्र में संविदा पर कार्यरत लाइनमैन उदय राज की 11 हजार वोल्ट लाइन पर काम करते समय करंट लगने से मौत हो गई। चिनहट तिराहे और लालबाग में ट्रांसफार्मर जले लोड ज्यादा होने से चिनहट तिराहा स्थित ओवर ब्रिज के नीचे रखे 100kva के ट्रांसफार्मर में आग लग गई। मौके पर पहुंचे दमकलकर्मी ने आग पर पाया काबू पाया। इस ट्रांसफार्मर से स्ट्रीट लाइट की सप्लाई हो रही थी। लालबाग में दोपहर के समय बिजली की केबल जलने लगी। इस दौरान लोगों ने सड़क पर सीढ़ी लगा दी। जिससे केबल किसी के ऊपर न गिरे। इससे बिजली आपूर्ति बाधित हुई। चौक में धू-धूकर जला तार चौक क्षेत्र के इरफानिया मदरसे के पास बिजली के तार में गुरुवार रात अचानक भीषण आग लग गई। देखते ही देखते तार धू-धू कर जलने लगा और कुछ देर बाद टूटकर सड़क पर गिर गया। घटना के दौरान इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। अकबरी गेट जैसे अति व्यस्त रोड पर तार गिरने से बड़ा हादसा हो सकता था। गनीमत रही कि उस समय कोई इसकी चपेट में नहीं आया। स्थानीय लोगों का आरोप है कि इलाके में बिजली व्यवस्था लंबे समय से बदहाल है, लेकिन जिम्मेदार विभाग इस ओर ध्यान नहीं दे रहा। वर्टिकल व्यवस्था लागू होने के बाद पहली गर्मी लखनऊ में वर्टिकल व्यवस्था लागू होने के बाद पहली गर्मी में ही बिजली व्यवस्था चरमरा गई है। लगातार कटौती और फॉल्ट से शहर के कई इलाकों में लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बढ़ते आक्रोश के बीच मध्यांचल विद्युत वितरण निगम ने प्रदेश के विभिन्न जिलों से 44 अभियंताओं को लखनऊ बुलाया है। प्रबंध निदेशक के आदेश के अनुसार, शाहजहांपुर, बदायूं, बरेली, महाराजगंज, पीलीभीत, सीतापुर, सुल्तानपुर, नानपारा, पलिया, गोला और हैदरगढ़ समेत कई क्षेत्रों से अभियंताओं की तैनाती लखनऊ मध्य, अमौसी, जानकीपुरम और गोमतीनगर जोन में की गई है। सभी अभियंता पहले भी लखनऊ में तैनात रह चुके हैं। संबंधित इकाई प्रमुखों को उन्हें तत्काल कार्यमुक्त करने के निर्देश दिए गए हैं। 8 इंजीनियर का कार्य क्षेत्र बदला मध्यांचल मुख्यालय प्रबंधन ने 8 अभियंताओं के कार्यक्षेत्र में बदलाव किए हैं। सहायक अभियंता संतोष सिंह कुशवाहा को अमौसी क्षेत्र से रायबरेली क्षेत्र, रायबरेली, सहायक अभियंता अनुभव श्रीवास्तव को मध्यांचल मुख्यालय से अमौसी क्षेत्र, अवर अभियंता धर्मेंद्र कुमार को मध्यांचल मुख्यालय से अमौसी क्षेत्र, अवर अभियंता विनय कुमार को मध्यांचल मुख्यालय से लखनऊ सेंट्रल क्षेत्र, अवर अभियंता सत्येंद्र कुमार को मध्यांचल मुख्यालय से गोमतीनगर क्षेत्र, अवर अभियंता प्रदीप कुमार मौर्य को मध्यांचल मुख्यालय से अमौसी क्षेत्र, सहायक अभियंता अमितेश कुमार को मध्यांचल मुख्यालय से अमौसी क्षेत्र और उपखंड अधिकारी भूषण कुमार को बछरावां से अमौसी क्षेत्र भेजा गया है। मरम्मत करते समय 2 लाइनमैन झुलसे जानकीपुरम विस्तार में पिंक सिटी, तिवारीपुर में एलटी लाइन बांधने के दौरान फ्लैश पेटी लगाते समय आग लग गई, जिससे लाइनमैन कमलेश और गुड्डू घायल हो गए। मामले में अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाया है। कमलेश को केके हॉस्पिटल और गुड्डू को सेवा हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। एबीसी केबिल पहले से ही शॉर्ट थी, जिसकी वजह से यह हादसा हुआ। बताते हैं कि न्यू कैंपस उपकेंद्र क्षेत्र में एक महीने के भीतर यह तीसरी घटना है। पहले शंभूनाथ सोसाइटी तिराहा पर कार्य के दौरान लाइनमैन राजेश गंभीर रूप से घायल हुए थे। अवर अभियंता ने लोड बढ़ाने के लिए लिखा पत्र इंद्रलोक कॉलोनी उपकेंद्र क्षेत्र में बिजली संकट को लेकर अवर अभियंता ने अधिशासी अभियंता को 10 एमवीए ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ाने के लिए पत्र लिखा है। ज्ञापन में कहा गया है कि 33/11 केवी उपकेंद्र पर बढ़ते लोड के कारण 10 एमवीए ट्रांसफार्मर पर दबाव लगातार बढ़ रहा है। इससे लो-वोल्टेज की समस्या बनी रहती है और गर्मी के मौसम में बिजली आपूर्ति प्रभावित होने की आशंका भी बढ़ गई है। उपभोक्ताओं ने मांग की है कि ट्रांसफार्मर की क्षमता जल्द बढ़ाई जाए। पूर्व सीएम ने कहा- यह महा विद्युत आपदा पार्षद बोले- जनता कष्ट उठा रही सरोजनी नगर सेकेंड से पार्षद रामनरेश रावत ने वीडियो जारी कर कहा- विधायक जी जब से बिजली विभाग को प्राइवेट कंपनी के हाथ दे दिया गया है। तब से जनता सिर्फ तकलीफ उठा रही है। वार्ड सरोजनी नगर फर्स्ट व वार्ड सरोजनी नगर सेकेंड की जनता बेहाल है। लो वोल्टेज के चलते सबमर्सिबल चल पा रहे हैं। न ही पंखे-एसी काम कर रहे हैं। लोग रात भर सो नहीं पाते। वहीं अधिकारी फोन नहीं उठाते हैं। अब गुरुवार को हंगामे की तस्वीरें… ट्रांसफार्मर की मरम्मत कर रहे कर्मचारी को लगा करंट हुसैनाबाद यूनिटी कॉलेज के सेकेंड गेट के बाहर लगे ट्रांसफार्मर में काम कर रहे एक बिजली कर्मी को जोरदार करंट लग गया। हादसे में बिजली कर्मी की हालत गंभीर हो गई। बताया जा रहा है कि गुरुवार रात करीब 2 बजे से इलाके की बिजली आपूर्ति सही करने का काम चल रहा था। स्थानीय लोगों के मुताबिक, मौके पर कोई जिम्मेदार अधिकारी मौजूद नहीं था। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने घायल कर्मी को इलाज के लिए अस्पताल भेजा। 3 दिन से हंगामा, पावर हाउस घेराव और रोड जाम इसके पहले गुरुवार दिन में लोगों ने रायबरेली रोड और मोहान रोड जाम करके प्रदर्शन किया था। बुधवार रात में उतरठिया न्यू और ओल्ड पावर हाउस, बीबीएयू पावर हाउस, फैजुल्लागंज पावर हाउस का घेराव किया था। मंगलवार रात में भी कई पावर हाउस का घेराव हुआ था। लोगों का कहना है कि बिजली विभाग की लापरवाही की वजह से घंटों बत्ती गुल रहती है। इसी दिनचर्या पूरी तरह से बिगड़ गई है। बुधवार आधी रात को हुए हंगामे की 3 तस्वीरें… बुधवार दिन में विधायक धरने पर बैठे थे मंगलवार को भी रात में कई पावर हाउस पर हंगामा हुआ था। बुधवार दिन में लखनऊ पश्चिम विधानसभा के विधायक अरमान खान तालकटोरा पावर हाउस पर धरने पर बैठ गए थे। मंगलवार रात में हुए हंगामे की 3 तस्वीरें… विधायक राजेश्वर सिंह ने ऊर्जा मंत्री को लिखा पत्र सरोजनीनगर विधानसभा क्षेत्र में लगातार बिगड़ रही बिजली व्यवस्था को लेकर सरोजनीनगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने उत्तर प्रदेश के ऊर्जा मंत्री को शिकायती पत्र भेजा। पत्र में विद्युत आपूर्ति व्यवस्था की व्यापक समीक्षा और स्थायी कार्ययोजना बनाने की मांग की है। पत्र में विधायक ने लिखा- लखनऊ सहित कई क्षेत्रों में इस समय बिजली आपूर्ति गंभीर चिंता का विषय बनी हुई है। बार-बार बिजली बाधित होने से आम जनता में असंतोष लगातार बढ़ रहा है। यह समस्या केवल वर्तमान सीजन तक सीमित नहीं है, बल्कि पिछले वर्षों में भी गर्मी के दौरान यही हालात सामने आते रहे हैं। विधायक ने एक-एक कॉलोनी के नाम गिनाए डॉ. राजेश्वर सिंह ने अपने पत्र में सरोजनीनगर क्षेत्र के कई पावरहाउसों और उनसे जुड़े मोहल्लों का विशेष उल्लेख किया है, जहां लगातार बिजली संकट बना हुआ है। उन्होंने उतरठिया पावरहाउस क्षेत्र के देवी खेड़ा, पवनपुरी, अंबेडकर पुरम, सरपतगंज, कुबेर बगिया, गांधी नगर, रतनदीनगर, बलदेव विहार, शुभानी खेड़ा, ब्राह्मण टोला, राजीवनगर, नटकखेड़ा, सैनिक नगर, बंगाली टोला, नीलमथा, नई बस्ती बाजार, कटेरी बाग, विजय नगर, रेवतापुर, भगवंतनगर और दुर्गापुरी जैसे क्षेत्रों में लगातार लो वोल्टेज, ट्रिपिंग की समस्या का उल्लेख किया। इसके अलावा BBAU पावरहाउस क्षेत्र के बिजनौर, रॉयल सिटी, हिमालयन कॉलोनी और नटकुड़ा, नादरगंज पावरहाउस क्षेत्र के शांतिनगर, पंडित खेड़ा, अमौसी, गौरी और संतकबीरनगर, जबकि गहरू और बनी पावरहाउस क्षेत्रों के कई गांवों और कॉलोनियों की समस्याओं को भी ऊर्जा मंत्री के समक्ष रखा है। वहीं समस्या के निदान की मांग की है। ------------------ यह खबर भी पढ़िए… लखनऊ में प्रचंड गर्मी, पिछले साल का रिकॉर्ड टूटा:40 KM की रफ्तार से चलेगी लू; 45 डिग्री पहुंचेगा तापमान, स्कूलों में छुट्टी लखनऊ में पिछले साल की गर्मी का रिकॉर्ड टूट गया है। गुरुवार को सीजन का सबसे अधिक तापमान 43.6 डिग्री रहा। पिछले साल मई में अधिकतम तापमान 42.4 डिग्री दर्ज किया गया था। आज सुबह से भीषण गर्मी पड़ रही है। सुबह से तेज धूप निकली है। गर्म हवाओं के थपेड़े पड़ रहे हैं। पूरी खबर पढ़ें
उदयपुर जिले में गोगुंदा-पिंडवाड़ा नेशनल हाईवे पर चलती इको कार में अचानक लगी आग के बाद बड़ा खुलासा हुआ। कार में छिपाकर रखे गए अवैध अफीम डोडा चूरे का भंडाफोड़ हो गया। सूचना पर पहुंची पुलिस को देखकर कार सवार दो युवक फरार मौके से फरार हो गए। पुलिस ने आग को बुझाया। जिसके बाद कार की तलाशी तो उसमें से 61 किलो अवैध डोडा चूरा जब्त किया गया। पुलिस मामले में एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। वहीं, दोनों तस्करों की तलाश जारी है। कार में गुप्त खांचे में छिपाया हुआ था डोडा चूराजानकारी अनुसार खाखड़ी क्षेत्र में शनिवाद देर रात करीब 9 बजे गुजरात नंबर की इको कार के पीछे वाले हिस्से से अचानक धुआं उठने लगा। कार में सवार दोनों युवकों गाड़ी को बादल रिसोर्ट के सामने सर्विस रोड पर रोका। जहां आग बुझाने का प्रयास कर रहे थे। जलती कार को देखने के लिए मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। आसपास मौजूद ग्रामीणों ने तुरंत पानी डालकर आग पर काबू पाया। घटना की सूचना गोगुंदा पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही थानाधिकारी श्यामसिंह चारण जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे। तब तक आरोपी भाग चुके थे। पुलिस ने कार की तलाशी ली तो उसमें तस्करी का नया और शातिर तरीका सामने आया। तस्करों ने कार के पिछले हिस्से में गुप्त खांचा बना रखा था। इसके ऊपर लगे साउंड सिस्टम को सीक्रेट चैंबर की तरह इस्तेमाल कर उसमें अवैध अफीम डोडा चूरा छिपाया गया था। आग लगने से गुप्त खांचे में रखा कुछ डोडा चूरा जलकर खाक हो गया। जबकि साउंड सिस्टम के अंदर छिपाकर रखा गया डोडा चूरा सुरक्षित बच गया। पुलिस ने कार से करीब 61 किलो अवैध अफीम डोडा चूरा बरामद किया है। प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। व
एटा जनपद की अलीगंज पुलिस ने हाल ही में एक अग्निकांड में साहसिक कार्य करते हुए एक महिला की जान बचाई। यह घटना जैथरा कस्बे में स्थित मोहन गुप्ता की विसात खाने की दुकान में हुई, जहां अज्ञात कारणों से लगी आग ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया। आग की लपटें तीसरी मंजिल तक पहुंच गईं और दुकान मालिक की पत्नी धुएं और आग के बीच फंस गईं। स्थानीय पुलिस ने आसपास के लोगों की मदद से महिला को सुरक्षित बाहर निकाला। रेस्क्यू के दौरान महिला के कपड़े आग की चपेट में आकर जल गए थे, जिस पर पुलिसकर्मियों ने तुरंत कपड़ों की व्यवस्था कर उनकी गरिमा और सम्मान की रक्षा भी की। हालांकि महिला गंभीर रूप से झुलस गईं। बहादुर पुलिसकर्मियों को किया गया सम्मानित पुलिस के इस साहसिक और मानवीय कार्य को देखते हुए राजेश सिंह ने पुलिसकर्मियों को सम्मानित किया। उन्होंने रितेश ठाकुर को माल्यार्पण कर सम्मानित किया। वहीं बहादुर पुलिसकर्मी गौरव चौधरी और रॉबिन शर्मा को भी पुरस्कार देकर उनके साहस की सराहना की गई। ‘जनसेवा और मानवता का उत्कृष्ट उदाहरण’ राजकुमार सिंह ने कहा कि संकट की घड़ी में पुलिस की प्राथमिकता हमेशा जनसेवा और मानव जीवन की रक्षा होती है। क्षेत्राधिकारी राजेश सिंह ने कहा कि पुलिस जवानों ने बिना अपनी जान की परवाह किए महिला को सुरक्षित बचाया, जो कर्तव्यनिष्ठा और मानवता का उत्कृष्ट उदाहरण है। उन्होंने ऐसे जांबाज पुलिसकर्मियों को विभाग का गौरव बताया। सोशल मीडिया पर हो रही जमकर सराहना घटना के बाद सोशल मीडिया पर पुलिसकर्मियों की बहादुरी की खूब चर्चा हो रही है। लोग उनकी वीरता और संवेदनशीलता की प्रशंसा करते हुए पोस्ट और स्टेटस साझा कर रहे हैं। इस घटना ने क्षेत्र में पुलिस की सकारात्मक और मानवीय छवि को मजबूत किया है।
सुपौल के राघोपुर थाना क्षेत्र के महादलित टोला में शनिवार देर रात पुलिस टीम पर हमला हुआ। इस घटना में एक सहायक उप-निरीक्षक (एएसआई) और एक महिला होमगार्ड घायल हो गए, जबकि सरकारी वाहन को भी क्षति पहुंची है। हमलावरों ने महिला होमगार्ड की राइफल छीन ली थी, हालांकि बाद में वो खेत से बरामद कर लिया गया। शनिवार देर रात करीब 11:30 बजे राघोपुर पंचायत के महादलित टोला में किसी विवाद की सूचना पर पुलिस टीम पहुंची थी। इसी दौरान पुलिस और स्थानीय लोगों के बीच विवाद बढ़ गया, जिसके बाद कुछ लोगों ने पुलिस टीम पर हमला कर दिया। हमले में राघोपुर थाना में तैनात एएसआई अंजय कुमार(40) और महिला होमगार्ड काजल कुमारी(19) घायल हो गई। घटना की सूचना मिलते ही राघोपुर थाना पुलिस ने तत्काल वरीय अधिकारियों को अवगत कराया। इसके बाद आसपास के कई थानों की पुलिस मौके पर पहुंची। वीरपुर एसडीपीओ और सुपौल पुलिस अधीक्षक भी भारी पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। देर रात तक पूरे इलाके को पुलिस छावनी में तब्दील कर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई। पुलिस ने क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी है और आरोपियों की पहचान कर गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरू कर दी है। ASI के सिर में लगे 5 टांके हमले में घायल दोनों पुलिसकर्मियों को तत्काल राघोपुर रेफरल अस्पताल लाया गया, जहां उनका प्राथमिक उपचार किया गया। अस्पताल में ड्यूटी पर मौजूद चिकित्सक ने बताया कि रात करीब 12 बजे दोनों घायल पुलिसकर्मी इलाज के लिए पहुंचे थे। दोनों शारीरिक हमले में घायल हुए थे। डॉक्टर के अनुसार एएसआई अंजय कुमार के सिर में गहरी चोट लगी थी। अत्यधिक रक्तस्राव होने के कारण उन्हें तत्काल उपचार दिया गया। डॉक्टर ने बताया कि उनके सिर पर पांच से छह टांके लगाने पड़े। इसके अलावा हाथ में भी चोट के निशान पाए गए। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी स्थिति स्थिर हो गई, लेकिन सिर में गंभीर चोट को देखते हुए एनसीसीटी (NCCT) जांच कराने की सलाह दी गई है। संभावना जताई गई कि उन्हें आगे की जांच के लिए सुपौल भेजा जाएगा। वहीं महिला होमगार्ड काजल कुमारी के कंधे में चोट आई है। चिकित्सक ने बताया कि उनकी स्थिति भी स्थिर है और कंधे की चोट का सही आकलन करने के लिए एक्स-रे कराने की सलाह दी गई है। सरकारी वाहन को भी पहुंचाया नुकसानघटना के दौरान पुलिस के सरकारी वाहन को भी क्षति पहुंचने की बात सामने आई है। बताया जा रहा है कि आक्रोशित लोगों ने वाहन पर हमला कर उसे नुकसान पहुंचाया। गाड़ी का अगला-पिछला शीशा टूटा हुआ है। बोनट को भी नुकसान पहुंचाया गया है। घटना को लेकर महादलित टोला की निवासी रिंकू देवी ने बताया कि रात करीब 12 बजे अधिकांश लोग खाना खाकर सो चुके थे। हालांकि 4 युवक बाहर खड़े थे। इसी दौरान पुलिसकर्मी वहां पहुंचे और युवकों से पूछताछ करने लगे। इतने में स्थिति बिगड़ गई और युवक पुलिस पर हमला करने लगे। इसके बाद बड़ी संख्या में पुलिस बल गांव पहुंची। रिंकू देवी ने आरोप लगाया कि पुलिस ने कई घरों में प्रवेश कर लोगों के साथ मारपीट की और दरवाजों को नुकसान पहुंचाया। इस मामले में फिलहाल पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। वीडियो फुटेज, स्थानीय लोगों के बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपितों की पहचान की जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने, पुलिसकर्मियों पर हमला करने और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। वीरपुर के एसडीपीओ सुरेंद्र कुमार का कहना है कि घटना की जानकारी मिली है, रात में घटनास्थल पर पहुंचे थे, एक एएसआई और एक महिला पुलिस जवान जख्मी है। जांच एवं आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।
सीकर में साथ पढ़ने वाली युवती के साथ रेप करने का मामला सामने आया है। आरोपी ने मिलने के बहाने से युवती को बुलाया। इसके बाद उसके साथ रेप किया और अश्लील फोटो-वीडियो रिकॉर्ड कर लिए। आरोपी ने वीडियो वायरल करने की धमकी देकर युवती को कई बार शिकार बनाया। अब पुलिस मामले की जांच कर रही है। युवती ने पुलिस में शिकायत देकर बताया कि वर्तमान में उसकी उम्र 22 साल है। जब वह 19 साल की थी। तब उसके साथ एक युवक पढ़ता था। युवक ने पहले तो नॉर्मल बातचीत की। इसके बाद सोशल मीडिया और मोबाइल पर बातचीत करना शुरू कर दिया। आरोपी युवक ने युवती को मिलने के लिया बुलाया। इसी दौरान आरोपी ने युवती के साथ रेप किया। जब युवती ने विरोध किया तो आरोपी ने उसे जान से मारने की धमकी दी। रेप करने के दौरान ही आरोपी युवक ने अश्लील फोटो-वीडियो रिकॉर्ड कर लिए। बार-बार ब्लैकमेल करता रहा। आखिर में परेशान होकर युवती ने यह बात अपने घरवालों को बताई। और पुलिस में मामला दर्ज करवाया। 21 साल की युवती रात को घर से लापता सीकर में 21 साल की युवती के रात के समय घर से लापता होने का मामला सामने आया है। युवती के पिता ने पुलिस में गुमशुदगी देकर बताया कि उनकी बेटी 22 मई की रात को घर पर सोई थी। अलसुबह जब देखा तो बेटी नहीं मिली। इसके बाद उसकी आस-पड़ोस और रिश्तेदारी में भी काफी तलाश की लेकिन कुछ पता नहीं चल पाया
धर्म और कला की नगरी वाराणसी एक बार फिर अपनी अनूठी परंपरा और रचनात्मकता के कारण चर्चा में है। यहां पहली बार ऐसी “चित्रमय हनुमान चालीसा” तैयार की गई है, जिसे रेशमी कपड़े पर बेहद आकर्षक ढंग से उकेरा गया है। खास बात यह है कि हनुमान चालीसा की हर चौपाई और दोहे को उससे जुड़े चित्रों के माध्यम से प्रस्तुत किया गया है, जिससे यह केवल धार्मिक ग्रंथ नहीं बल्कि कला और आस्था का अद्भुत संगम बन गया है। यह अनोखी पहल काशी की प्रतिष्ठित बनारसी साड़ी संस्था वंदना सिल्क्स ने की है। करीब 6 फीट लंबे और 3 फीट चौड़े सिल्क कपड़े पर तैयार इस विशेष हनुमान चालीसा को बनाने में लगभग छह महीने का समय लगा। हर चौपाई को मिला चित्रों का स्वरूपसंस्थान से जुड़े देवराज जोगाई बताते हैं कि हनुमान चालीसा की 40 चौपाइयों पर 40 अलग-अलग चित्र बनाए गए हैं। इसके अलावा तीन दोहों के लिए भी विशेष चित्र तैयार किए गए हैं। कलाकारों ने पहले प्रत्येक चौपाई का भाव समझा, फिर उससे जुड़ी दृश्य कल्पनाओं को आकार दिया और अंत में उन्हें सिल्क के कपड़े पर उकेरा गया। इस अनोखे प्रयोग ने पारंपरिक धार्मिक पुस्तक को एक जीवंत कलाकृति में बदल दिया है। जो भी इसे देखता है, वह हनुमान भक्ति के साथ-साथ भारतीय कला की सूक्ष्मता से भी प्रभावित हुए बिना नहीं रह पाता। बनारसी परंपरा में आधुनिक तकनीक का संगमडिजाइन तैयार करने में सहयोग देने वाले राजकुमार के अनुसार, सामान्य तौर पर बनारसी साड़ियों में ताना-बाना तकनीक के जरिए डिजाइन बुने जाते हैं, लेकिन इस विशेष हनुमान चालीसा में बुनाई की बजाय प्रिंटिंग तकनीक का उपयोग किया गया है। उन्होंने बताया कि डिजाइन तैयार करने में काफी मेहनत और समय लगा, लेकिन अब इसकी प्रतियां बनाना अपेक्षाकृत आसान हो गया है। यही कारण है कि इसका छोटा स्वरूप भी तैयार किया गया है, जिसे हनुमान भक्तों को निशुल्क उपहार के रूप में भेंट किया जाता है। श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनी चित्रमय चालीसाफिलहाल इस अनोखी हनुमान चालीसा को संस्था के प्रतिष्ठान में सुरक्षित रखा गया है, जहां बड़ी संख्या में लोग इसे देखने पहुंच रहे हैं। श्रद्धालुओं का कहना है कि चित्रों के माध्यम से चौपाइयों को देखना और समझना एक अलग आध्यात्मिक अनुभव देता है। 52 वर्षों से बनारसी साड़ियों के क्षेत्र में कार्यरत यह संस्था अब अपनी इस अनूठी धार्मिक कलाकृति के कारण भी चर्चा में है।
गोंडा में मगरमच्छ के हमले में दामाद दीपक की मौत के बाद विवाद गहरा गया है। दीपक की सास के अंतिम संस्कार के दौरान हुई इस घटना के बाद मृतक के परिजनों ने दीपक की पत्नी रेखा और उनके परिवार पर साजिश का आरोप लगाया था। अब दीपक की पत्नी रेखा ने इन आरोपों पर पलटवार करते हुए अपने ससुराल वालों पर गंभीर आरोप लगाए हैं और अपनी जान को खतरा बताया है। दैनिक भास्कर से विशेष बातचीत में रेखा ने घटना का जिक्र करते हुए बताया– मेरी मां का निधन हो गया था और दीपक अंतिम संस्कार में शामिल होने आए थे। वे मंगलवार रात 12 बजे वहां से निकले थे और बुधवार सुबह करीब 9:30 बजे गोंडा पहुंचे थे। दीपक ने अपनी मर्जी से कंधा देने की बात कही थी, जबकि सभी लोग उन्हें रोक रहे थे। अंतिम संस्कार की तैयारी के दौरान दीपक को खूंटा गाड़ने से भी रोका गया था, क्योंकि वह शादीशुदा थे और उनकी सास विधवा थीं। इसके बावजूद उन्होंने खूंटा गाड़ा और फिर हाथ-मुंह धोने चले गए। उसी दौरान मगरमच्छ ने उन्हें खींच लिया। रेखा ने रोते हुए कहा– अगर मुझे पता होता कि ऐसा कुछ होगा तो मैं यहां आती ही नहीं। मेरा सब कुछ बर्बाद हो गया, पर ससुराल के लोगों ने सांत्वना देने की बजाय मुझे गालियां दीं। मैंने अपने पति को नुकसान नहीं पहुंचाया है। ना ही मैं दूसरी शादी करूंगी। अगर मेरे साथ कुछ भी गलत होता है तो इसके लिए मेरे ससुराल वाले ही जिम्मेदार होंगे। अब पढ़िए दीपक की पत्नी रेखा से पूरी बातचीत- “साजिश का आरोप पूरी तरह झूठ” साजिश के आरोपों पर रेखा ने कहा, “यह सब झूठे आरोप लगाए जा रहे हैं। कोई भी साजिश नहीं थी। मेरा एक छोटा भाई है और बड़ी बहन है। मुझे जीने वाला कोई नहीं था। उनके परिवार वाले इसलिए आरोप लगा रहे हैं ताकि जो पैसा मिलेगा, वह हमें न मिले। उनका छोटा भाई बादल मेरे ऊपर गलत आरोप लगा रहा है। गांव वाले पागल नहीं हैं कि साजिश करेंगे। मुझ पर आरोप लगाया जा रहा है कि मैं उन्हें लेकर मारने गई थी। आखिर मेरी उनसे क्या दुश्मनी थी?” “अगर कुछ करना होता तो 6 साल पहले कर चुकी होती” रेखा ने कहा, “मैं 3 साल अपने ससुराल में रही। वहां गाली-गलौज और लड़ाई होती रहती थी। मेरे पति ने कहा था कि अगर तुम्हें बर्दाश्त नहीं हो रहा तो हम अलग रहेंगे। हम लोग पिछले 3 साल से किराए के मकान में रह रहे थे। अगर मुझे कुछ करना होता तो मैं 6 साल पहले ही कर चुकी होती। मेरी 4 साल की बच्ची है। उसके सिर से पिता का साया उठ गया। कौन अपनी मांग का सिंदूर मिटाना चाहेगा? अब इस दुनिया में मेरे अलावा उसका कोई नहीं है।” “ससुराल वालों ने की गाली-गलौज, पहले भी कई बार लगाए झूठे आरोप” रेखा ने आरोप लगाया– मेरे ससुराल वाले यहां आए तो मुझसे गाली-गलौज करने लगे। उनके पांच बच्चों में से अब चार बच्चे हैं, लेकिन इस दुनिया में मेरा कौन है? मेरे पति ही सब कुछ थे। अगर मेरे साथ कुछ हो गया तो मेरी बच्ची कैसे जिएगी? गुस्से में लोग कुछ भी कर सकते हैं।” रेखा ने बताया- मेरे पति की मौत के बाद ससुराल वालों ने मुझसे सीधे मुंह बात नहीं की। उन्होंने मुझ पर पति को मारने का आरोप लगाया। ससुराल वालों ने गाली देते हुए कहा कि तुमने मेरे बच्चे को खा लिया। मैं बार-बार अपनी सास से कह रही थी कि मम्मी, मैंने आपके बच्चे को नहीं खाया है। अगर मुझे ऐसा करना होता तो मैं उन्हें यहां क्यों लेकर आती?” रेखा ने कहा- मेरे ऊपर पहले भी कई बार गंदे आरोप लगाए गए। कहा गया कि मैंने उनके बेटे को कुछ खिलाकर अपने बस में कर लिया है। घर में रोज गाली-गलौज होती थी। मेरे पति और मैं यह सब बर्दाश्त नहीं कर पा रहे थे। बड़ी जेठानी और जेठ भी अलग रहते थे। लगातार तानों से परेशान होकर मैं अलग हो गई थी।” “मुझे फंसाने की साजिश, कुछ हुआ तो ससुराल वाले जिम्मेदार” रेखा ने कहा- जानबूझकर वहां कोई नहीं भेजता। मुझे फंसाने की साजिश चल रही है ताकि जो पैसा आए, वह हमारे नाम न होकर उनके नाम हो जाए। मैंने दीपक को रोका था। कहा था कि यह ग्रेटर नोएडा नहीं है, यहां गहरा पानी है और मगरमच्छ है। लेकिन वह नहीं माने। वह पानी में नहाने नहीं गए थे, सिर्फ हाथ-पैर धोने गए थे। तभी मगरमच्छ उन्हें धीरे-धीरे खींचकर ले गया। मेरी कोई गलती नहीं है, पर ससुरालवाले मुझे फंसाने की साजिश रच रहे हैं। अगर मुझे कुछ होता है तो उसके जिम्मेदार मेरे पूरे ससुराल वाले होंगे। “मैं ग्रेटर नोएडा में रहूंगी, सरकारी पैसा मेरी बेटी के खाते में आए” रेखा ने कहा– मैं मायके में नहीं रहना चाहती। जहां मैं पहले रहती थी, वहीं ग्रेटर नोएडा में रहूंगी। अभी वहां नहीं जाऊंगी, क्योंकि मेरे साथ कुछ भी हो सकता है। सारी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही जाऊंगी। रेखा ने साफ कहा- मैं दूसरी शादी नहीं करूंगी। अपनी बेटी को खुद पढ़ाऊंगी। मुझे चाहे कागज पर लिखवा लीजिए। मैं ऐसा कोई काम नहीं करूंगी जिससे मेरे पति की आत्मा या ससुराल वालों को ठेस पहुंचे। मैं अपने पति की जगह किसी और को नहीं दूंगी। अगर कोई मेरी शादी करवाने की कोशिश करेगा तो मैं कार्रवाई करवाऊंगी।” रेखा ने कहा– सरकारी मदद मेरी बेटी के नाम होनी चाहिए। मेरे नाम भी नहीं, सिर्फ मेरी बच्ची के भविष्य के लिए। मेरे पति कमाने वाले थे, अब वह इस दुनिया में नहीं हैं। ससुराल वालों के पास चार बेटे हैं, लेकिन मेरा सहारा कोई नहीं है। सरकार से मेरी अपील है कि मेरी बच्ची की मदद की जाए। पैसा उसकी पढ़ाई और भविष्य के लिए उसके खाते में आना चाहिए। “3 साल से अलग रह रहे थे” रेखा ने बताया– हम लोग पिछले 3 साल से अलग रह रहे थे। लड़ाई-झगड़े की वजह से अलग हुए थे। 25 नवंबर 2020 को हमारी शादी हुई थी। 2021 में बेटी हुई। शुरू में सब ठीक था, लेकिन बाद में घर में लड़ाई शुरू हो गई। हम लोग किराए के कमरे में रहते थे। मेरे पति कमाते थे और हम खुशी से रह रहे थे।” “अंतिम संस्कार में जाते समय कहा था- बाबू दवा खा लेना” रेखा ने बताया- मेरे पति ने मुझसे अंतिम बार कहा था- बाबू, दवा खा लेना। मैंने पूछा कि आप कब तक आएंगे तो बोले कि मोबाइल चार्जिंग पर लगा दो, मैं थोड़ी देर में आता हूं। सब लोग उन्हें रोक रहे थे कि दामाद कंधा नहीं देते हैं, आप मत जाइए। लेकिन उन्होंने किसी की नहीं सुनी और सीधे अंतिम संस्कार में चले गए। जहां यह घटना हुई।” घटना के दिन की तस्वीरें देखिए… जानिए कैसे हुआ था हादसा- नोएडा के परी चौक सिग्मा 2 के रहने वाले दीपक वर्मा (30) सास की मौत होने पर गोंडा आए थे। 6 साल पहले दीपक ने डीहा गांव की रहने वाली रेखा से लव मैरिज की थी। दीपक नोएडा में ही एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करते थे। दीपक और रेखा की एक 4 साल की बेटी निक्की है। रेखा के पिता लालचंद्र शर्मा की मौत हो चुकी है। मां उर्मिला (50) की मंगलवार को कैंसर के चलते मौत हो गई थी। रेखा की दो और बहनें और एक छोटा भाई राज है। बुधवार को सनौली मोहम्मदपुर उदयभान पाही के पास सरयू के किनारे अंतिम संस्कार की तैयारी चल रही थी। दोपहर करीब 12 बजे नदी के किनारे सभी लोग पहुंचे। दीपक ने चिता सजाने के लिए नदी के किनारे खूंटा गाड़ना शुरू कर दिया। खूंटा गाड़ने के बाद वह हाथ धुलने के लिए नदी के किनारे पहुंचे। वह हाथ धुल ही रहे थे, तभी मगरमच्छ नदी से बाहर आया। उसने दीपक का सिर अपने जबड़े में भर लिया। ये देख लोग दीपक की ओर दौड़े और शोर मचाया, लेकिन तब तक मगरमच्छ उन्हें पानी में खींच ले गया। उसका शव 24 घंटे बाद सरयू नदी में उतराता मिला। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में शरीर पर मगरमच्छ के दांतों के 6 निशान पाए गए। हालांकि पुलिस का अंदेशा है कि मगरमच्छ साइज में छोटा होने के कारण दीपक के शव को नहीं खा सका। ---------------------------------------------- ये खबर भी पढ़िए… ‘कॉकरोच’ मैन बोला- यमुना मां को बचाना है:मथुरा में नदी साफ नहीं हुई तो जान दे दूंगा; मुझे धमकी दी जा रही ‘अपनी मां के खोने के बाद यमुनाजी ही मेरी मां हैं। उनकी दुर्दशा से बहुत दुखी हूं। मेरी मां कई सालों से बीमार हैं। मां यमुना को इन पार्टियों ने मुद्दा बना दिया है। यमुना में जहर घोला जा रहा। मेरा यह कॉकरोच रूप मां यमुना को इन गंदे नालों से मुक्ति दिलाएगा।’ यह कहना है दीपक शर्मा का, जो मथुरा में कॉकरोच बनकर नाचते हुए अफसरों के सामने पहुंचे थे। चर्चा में आने के बाद 23 मई को जब दैनिक भास्कर की टीम इनके पास पहुंची, तो नाले में प्रदर्शन कर रहे थे। पढ़ें पूरी खबर…
उदयपुर शहर के भारतीय लोक कला मंडल में आर्ट पीवोट संस्था की और से वर्ल्ड हेरिटेज इंटरनेशनल आर्ट फेस्टिवल में शहर के ख्यातनाम चित्रकार डॉ. ओम प्रकाश सोनी, बिजौलियां को भारतीय लघुचित्र (मिनिएचर) एवं तेलचित्र (ऑयल पेंटिंग) परंपराओं के पुनर्जीवन, संरक्षण और उन्नयन एवं अतुलनीय समर्पण के लिए लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड से सम्मानित किया गया। सोनी ने अत्यंत सूक्ष्मता और समर्पण के साथ 10,000 से अधिक प्राचीन चित्रों का संरक्षण एवं पुनर्स्थापन किया है तथा भारतीय विरासत से जुड़ी अमूल्य भित्तिचित्रों (फ्रेस्को) के संरक्षण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि प्रख्यात कलाविद् प्रो. सुरेश शर्मा एवं पेसिफिक विवि के उपकुलपति प्रो. हेमंत कोठारी थे। वक्ताओं ने कहा कि कला के प्रति अटूट समर्पण और उत्कृष्टता की निरंतर खोज के माध्यम से डॉ. सोनी ने केवल अतीत का संरक्षण ही नहीं किया, बल्कि वैश्विक कला समुदाय की भावी पीढ़ियों को भी प्रेरित किया है। कार्यक्रम में आशा यादव, पंकज कनेरिया व भास्कर चौधरी को भी सम्मानित किया गया।
ग्वालियर के झांसी रोड थाना क्षेत्र के नाका चंद्रवदनी इलाके में एक शादीशुदा महिला के साथ उसके ही पड़ोसी किराएदार ने दुष्कर्म किया। आरोपी ने महिला के विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की और किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी दी। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है। एक ही मकान में किराए से रहते हैं दोनोंझांसी रोड थाना पुलिस के अनुसार, 29 साल की पीड़िता अपने परिवार के साथ नाका चंद्रवदनी इलाके में किराए से रहती है। वह घरों में खाना बनाने का काम करती है। उसी मकान के दूसरे हिस्से में आरोपी विजय सोनी भी किराएदार के रूप में रहता है। एक ही मकान में रहने के कारण उसका पीड़िता के परिवार में सामान्य आना-जाना था। काम का बहाना बनाकर कमरे पर बुलायापीड़िता ने एफआईआर में बताया कि शनिवार रात विजय सोनी ने किसी काम का बहाना बनाकर उसे आवाज दी और अपने कमरे पर बुलाया। भरोसे के चलते महिला बिना किसी शक के वहां चली गई। शुरुआत में सामान्य बातचीत होती रही, लेकिन इसी दौरान आरोपी की नीयत बिगड़ गई। विरोध करने पर थप्पड़ मारकर मुंह दबायामहिला का आरोप है कि विजय ने उसे जबरन पकड़ लिया और दुष्कर्म किया। जब उसने शोर मचाने और खुद को छुड़ाने की कोशिश की तो आरोपी ने उसके गाल पर थप्पड़ मारा और मुंह दबा दिया। रात करीब 1:30 बजे से तड़के 4 बजे के बीच उसने जबरदस्ती वारदात को अंजाम दिया। शिकायत करने पर जान से मारने की धमकीघटना के बाद जब पीड़िता अपने कमरे में लौटने लगी तो आरोपी ने उसे रोककर धमकाया कि अगर उसने किसी को कुछ बताया या थाने में शिकायत की तो उसे जान से मार देगा। पति को बताई आपबीती, पुलिस ने दर्ज किया केसडरी-सहमी महिला ने सुबह अपने पति को पूरी घटना बताई। इसके बाद पति उसे लेकर झांसी रोड थाने पहुंचा। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर विजय सोनी के खिलाफ दुष्कर्म, मारपीट और जान से मारने की धमकी देने की धाराओं में मामला दर्ज कर लिया। आरोपी फरार, तलाश जारीपुलिस का कहना है कि महिला को मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा गया है। वारदात के बाद से आरोपी फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है और जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
नेशनल टेस्टिंग एंजेसी ने नीट-यूजी 2026 के अभ्यर्थियों के लिए रजिस्ट्रेशन फीस रिफंड पोर्टल शुरू कर दिया है। इस संबंध में एजेंसी ने आधिकारिक नोटिफिकेशन भी जारी किया है। एजुकेशन एक्सपर्ट देव शर्मा ने बताया कि इस प्रक्रिया से देशभर के करीब 22.79 लाख स्टूडेंटस को उनका रिफंड मिल सकेगा। वहीं एनटीए को करीब 319 करोड़ रुपए स्टूडेंटस को रिफंड करने होंगे। उन्होंने बताया कि विद्यार्थी नीट-यूजी 2026 के रजिस्ट्रेशन पोर्टल पर लॉग-इन कर रिफंड लिंक के माध्यम से अपनी बैंक डिटेल्स अपलोड कर सकते हैं। स्टूडेंटस को 27 मई तक यह प्रक्रिया पूरी करनी होगी। स्टूडेंटस को अकाउंट होल्डर का नाम, बैंक अकाउंट नंबर, बैंक का नाम और आईएफएससी कोड भरना होगा। इसके साथ कैंसल चेक की स्कैन कॉपी अपलोड करने का विकल्प भी दिया गया है, हालांकि यह जरूरी नहीं है। एजुकेशन एक्सपर्टस ने स्टूडेंटस को चेताया है कि रिफंड पोर्टल पर बैंक डिटेल्स भरते समय विशेष सावधानी बरतें, क्योंकि एक बार जानकारी सबमिट होने के बाद उसमें किसी प्रकार का बदलाव नहीं किया जा सकेगा। जिन स्टूडेंटस ने अभी तक बैंक डिटेल्स अपलोड नहीं की हैं, वे लास्ट डेट से पहले प्रक्रिया पूरी कर लें, ताकि रिफंड राशि समय पर उनके खाते में पहुंच सके। गौरतलब है कि नीट का एग्जाम तीन मई को आयोजित किया गया था। बाद में सामने आया कि पेपर लीक हुआ है। सीकर में एसओजी और सीबीआई ने एक्शन लिया। गिरफ्तारियां हुई। इसके बाद एनटीए ने भी माना की पेपर लीक है और उसके बाद नीट परीक्षा को रद्द कर दिया गया था। अब 21 जून को फिर से नीट परीक्षा करवाई जाएगी।
आईपीएल-2026 में राजस्थान के स्टार ऑलराउंडर महिपाल लोमरोर को मुंबई इंडियंस ने अपनी टीम में शामिल किया है। साथ ही मुंबई इंडियंस ने सौराष्ट्र के रुचित अहीर को भी साइन किया है। मुंबई इंडियंस के अनुभवी विकेटकीपर बल्लेबाज क्विंटन डिकॉक और ऑलराउंडर राज अंगद बावा चोट के चलते टूर्नामेंट से बाहर हो गए हैं। दोनों चोटिल खिलाड़ियों की जगह लोमरोर और रुचित को टीम में जगह दी गई है। आज दोपहर 3.30 बजे राजस्थान रॉयल्स और मुंबई इंडियंस के बीच वानखेड़े स्टेडियम में मैच खेला जाएगा। मुंबई इंडियंस ने महिपाल लोमरोर को 50 लाख और रुचित अहीर को 30 लाख रुपए में साइन किया है। खास बात यह है कि अब राजस्थान के खिलाड़ी महिपाल लोमरोर अपनी घरेलू फ्रेंचाइजी राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ मुंबई इंडियंस की जर्सी में खेलते नजर आ सकते हैं। ऐसे में वानखेड़े स्टेडियम में होने वाला मुकाबला लोमरोर के लिए बेहद खास माना जा रहा है। महिपाल लोमरोर राजस्थान क्रिकेट का बड़ा नाम रहे हैं और वे लंबे समय तक राजस्थान रॉयल्स का हिस्सा भी रह चुके हैं। जयपुर और राजस्थान के क्रिकेट फैंस उनके आक्रामक बल्लेबाजी अंदाज से अच्छी तरह परिचित हैं। अब वही खिलाड़ी मुंबई इंडियंस के लिए राजस्थान के खिलाफ मैदान में उतर सकते हैं, जिससे मुकाबले का रोमांच और बढ़ गया है। आक्रामक बल्लेबाजी से बनी थी पहचान बता दें कि राजस्थान के नागौर जिले से आने वाले महिपाल लोमरोर घरेलू क्रिकेट में लंबे समय से अपनी आक्रामक बल्लेबाजी और उपयोगी स्पिन गेंदबाजी के लिए पहचान बना चुके हैं। बाएं हाथ के बल्लेबाज महिपाल ने राजस्थान के लिए रणजी ट्रॉफी, विजय हजारे ट्रॉफी और सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में शानदार प्रदर्शन किया है। वे भारत की अंडर-19 टीम का भी हिस्सा रह चुके हैं। आईपीएल में महिपाल ने राजस्थान रॉयल्स के जरिए पहचान बनाई, जहां उन्होंने कई अहम पारियां खेलकर खुद को फिनिशर के रूप में साबित किया। इसके बाद वे रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और गुजरात टाइटंस का भी हिस्सा रहे। टी-20 फॉर्मेट का स्पेशलिस्ट खिलाड़ी माना जाता है इस सीजन में गुजरात ने उन्हें रिलीज कर दिया था। जबकि नीलामी प्रक्रिया के दौरान किसी भी टीम ने महिपाल पर विश्वास नहीं जताया था। जबकि अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी और बड़े शॉट खेलने की क्षमता के कारण महिपाल को टी-20 फॉर्मेट का स्पेशलिस्ट खिलाड़ी माना जाता है। ऐसे में अब आईपीएल 2026 में मुंबई इंडियंस से जुड़ने के बाद उनके करियर को नई पहचान मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। हालांकि मुंबई की टीम इस सीजन में पहले ही प्लेऑफ की दौड़ से बाहर हो चुकी है, लेकिन टीम अपने घरेलू मैदान पर जीत के साथ सीजन का समापन करना चाहेगी। 9 मैच हार चुकी मुंबई इंडियंस मुंबई इंडियंस का प्रदर्शन इस सीजन बेहद निराशाजनक रहा है। टीम ने अब तक 13 मुकाबलों में सिर्फ 4 मैच जीते हैं, जबकि 9 मैचों में हार का सामना करना पड़ा। इसी वजह से पांच बार की चैंपियन टीम अंक तालिका में 9वें स्थान पर बनी हुई है। क्विंटन डिकॉक को सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ मुकाबले के दौरान कलाई में चोट लगी थी। मेडिकल जांच के बाद उन्हें पूरे सीजन से बाहर कर दिया गया। वहीं राज अंगद बावा को पंजाब किंग्स के खिलाफ मैच में दाहिने अंगूठे में गंभीर चोट लगी थी। इसके बाद मुंबई इंडियंस ने दोनों खिलाड़ियों को रिहैब के लिए घर भेज दिया है।
जालौन के कालपी में झांसी-कानपुर राष्ट्रीय राजमार्ग-27 पर शनिवार देर रात एक तेज रफ्तार डंपर ने लोडर वाहन को जोरदार टक्कर मार दी। हादसा एचपी पेट्रोल पंप के सामने हुआ। टक्कर इतनी भीषण थी कि लोडर अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे उतर गया और सर्विस रोड पर पलट गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, डंपर काफी तेज रफ्तार में था। हादसे के बाद लोडर पूरी तरह पलट गया, लेकिन राहत की बात यह रही कि चालक की जान बच गई और उसे गंभीर चोट नहीं आई। हादसे से हाईवे पर लगा जाम दुर्घटना के बाद हाईवे पर यातायात कुछ समय के लिए बाधित हो गया। सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। सूचना मिलने पर टरननगंज चौकी पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से पलटे हुए लोडर को सड़क से हटाया गया, जिसके बाद यातायात सामान्य कराया गया। तेज रफ्तार बनी हादसे की वजह प्रारंभिक जांच में हादसे का कारण डंपर की तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाना माना जा रहा है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और फरार डंपर चालक की तलाश की जा रही है।
बदायूं के सिटी मॉल सभागार में शनिवार रात शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विभिन्न विद्यालयों और शिक्षण संस्थानों में कार्यरत शिक्षक-शिक्षिकाओं को सम्मानित किया गया। समारोह में शिक्षा के क्षेत्र में उनके योगदान और विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य निर्माण में उनकी भूमिका को विशेष रूप से सराहा गया। विधायक बोले- शिक्षक समाज की मजबूत नींव कार्यक्रम के मुख्य अतिथि हरीश शाक्य और अतेंद्र विक्रम सिंह रहे। विधायक हरीश शाक्य ने कहा कि शिक्षक समाज और राष्ट्र की सबसे मजबूत नींव होते हैं। उन्होंने हाल ही में घोषित सीबीएसई और यूपी बोर्ड परीक्षाओं के बेहतर परिणामों को शिक्षकों की मेहनत और समर्पण का परिणाम बताया। दातागंज ब्लॉक प्रमुख अतेंद्र विक्रम सिंह ने अपने छात्र जीवन के अनुभव साझा करते हुए कहा कि शिक्षक केवल किताबों का ज्ञान नहीं देते, बल्कि बच्चों के व्यक्तित्व और संस्कार निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। स्मृति चिन्ह देकर किया गया सम्मानित समारोह में उपस्थित सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं को स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के सफल आयोजन में सैफ़-उद्दीन और अर्जुन यादव की प्रमुख भूमिका रही। इस अवसर पर जीएनआईओटी ग्रेटर नोएडा से मयंक श्रीवास्तव, दीपिका, दीपाली, केशव शर्मा और अभिषेक राठौर सहित कई गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।
संभल में भीषण गर्मी का प्रकोप लगातार जारी है। चिलचिलाती धूप और तेज गर्म हवाओं के कारण दोपहर के समय सड़कें सूनी नजर आ रही हैं। रविवार सुबह न्यूनतम तापमान 26 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 158 तक पहुंच गया। सुबह 8 बजे तापमान 34 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। मौसम विभाग के अनुसार दोपहर 12 बजे से शाम 6 बजे के बीच अधिकतम तापमान 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। दोपहर में बाहर न निकलने की अपील त्वचा झुलसाने वाली गर्मी और 22 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही गर्म हवाओं ने लोगों को घरों में रहने पर मजबूर कर दिया है। जिला प्रशासन ने भी लोगों से दोपहर के समय अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलने की अपील की है। अस्पतालों में बढ़े पेट दर्द और डिहाइड्रेशन के मरीज 15 मई के बाद गर्मी ने अचानक तेज रूप ले लिया है। इसका असर स्वास्थ्य सेवाओं पर भी दिखाई दे रहा है। जिला संयुक्त चिकित्सालय, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और निजी अस्पतालों में पेट दर्द, उल्टी-दस्त और डिहाइड्रेशन के मरीजों की संख्या बढ़ गई है। जिला संयुक्त चिकित्सालय में प्रतिदिन 500 से अधिक नई ओपीडी दर्ज की जा रही हैं। डॉक्टरों ने दी सावधानी बरतने की सलाह डॉ. रामलाल यादव ने लोगों को बाहर का खाना खाने से बचने और घर का पौष्टिक भोजन करने की सलाह दी है। उन्होंने कहा कि शरीर में पानी की कमी न होने दें और अधिक से अधिक पानी पिएं। बच्चों को बाहर मिलने वाली खाद्य सामग्री से दूर रखने की भी सलाह दी गई है। गर्मी से कारोबार और जनजीवन प्रभावित स्थानीय निवासी मोहम्मद फैज ने बताया कि सुबह से शाम तक इतनी तेज गर्मी पड़ रही है कि लोग घरों से बाहर नहीं निकल पा रहे हैं। वहीं दिशांत गर्ग ने बताया कि कृषि उपकरणों के स्पेयर पार्ट्स का कारोबार गर्मी के कारण प्रभावित हो गया है, क्योंकि किसान शहर आने से बच रहे हैं।
दुर्ग के सुपेला थाना क्षेत्र स्थित राधिका नगर में शनिवार रात करीब 10:30 बजे एक कबाड़ी दुकान में अचानक आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि आसपास के लोगों में अफरा-तफरी मच गई।बताया जा रहा है कि पास में लगे ट्रांसफार्मर से अचानक चिंगारी निकली, जिसके बाद आग कबाड़ी दुकान तक पहुंच गई। घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय लोगों ने तुरंत अग्निशमन विभाग को सूचना दी। सूचना मिलते ही अग्निशमन विभाग की दमकल टीम मौके पर पहुंची, तब तक कबाड़ के सामान में आग तेजी से फैल चुकी थी और ऊंची-ऊंची लपटें उठने लगी थीं। अग्निशमन विभाग के अनुसार आग परमानंद चंदेल की कबाड़ी दुकान में लगी थी। दुकान में बड़ी मात्रा में ज्वलनशील कबाड़ रखा होने के कारण आग तेजी से फैल रही थी। दमकल कर्मियों ने लगातार पानी की बौछार कर आग पर काबू पाया और उसे आसपास के मकानों-दुकानों तक फैलने से रोक लिया। ट्रांसफॉर्मर में भी लगी आग प्रारंभिक जांच में आग लगने की वजह ट्रांसफॉर्मर में हुए शॉर्ट सर्किट को माना जा रहा है। हालांकि, मामले की जांच जारी है। राहत की बात यह रही कि घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई और न ही कोई घायल हुआ। घटना के दौरान इलाके में बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए थे। आग की तेज लपटों और धुएं के कारण कुछ देर तक क्षेत्र में दहशत का माहौल बना रहा। दमकल टीम ने काफी सावधानी के साथ आग बुझाने का काम किया और स्थिति को नियंत्रण में लिया। काफी देर तक अंधेरे में रहे वार्ड के लोग राधिका नगर में लगी आग के कारण बिजली व्यवस्था भी लंबे समय तक प्रभावित रही। पूरा इलाका ब्लैकआउट में डूबा रहा। काफी मशक्कत के बाद बिजली व्यवस्था बहाल की जा सकी। जिला सेनानी और अग्निशमन अधिकारी नागेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि सूचना मिलते ही दमकल टीम को तुरंत रवाना किया गया था। टीम ने मौके पर पहुंचकर तेजी से कार्रवाई की और आग को फैलने से रोक लिया। काफी देर तक अंधेरे में रहे वार्ड के लोगराधिका नगर में लगी आग की वजह से बिजली व्यवस्था भी काफी देर तक प्रभावित रही। पूरा इलाका ब्लैक आउट में डूबा रहा। काफी देर के मशक्कत के बाद बिजली व्यवस्था क्षेत्र में बहाल हुई। इस पूरे रेस्क्यू ऑपरेशन में अग्निशमन दल प्रभारी घनश्याम यादव के नेतृत्व में टीम ने अहम भूमिका निभाई। जिला सेनानी एवं अग्निशमन अधिकारी नागेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि सूचना मिलते ही दमकल टीम को तुरंत रवाना किया गया था। टीम ने मौके पर पहुंचकर तेजी से कार्रवाई की और आग को फैलने से रोक लिया।
लखनऊ के डॉ.एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय (AKTU) की बीटेक तीसरे वर्ष के छठे सेमेस्टर की परीक्षा का प्रश्न पत्र लीक होने के मामले में विश्वविद्यालय प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है। मामले की जांच के लिए चार सदस्यीय कमेटी गठित की गई है, जो सोमवार तक अपनी रिपोर्ट सौंप सकती है। रिपोर्ट के आधार पर परीक्षा निरस्त करने पर फैसला लिया जाएगा। 135 केंद्रों पर हुई थी परीक्षाजानकारी के मुताबिक गुरुवार को परीक्षा शुरू होने से ठीक पहले नोएडा के एक कॉलेज की आईडी से प्रश्न पत्र डाउनलोड कर उसे वायरल किए जाने की शिकायत सामने आई थी। इस मामले में नोएडा साइबर सेल में शिकायत दर्ज कराई गई है। फिलहाल विश्वविद्यालय के 135 परीक्षा केंद्रों की परीक्षा पर संशय बना हुआ है। इनकी निगरानी में बनी जांच टीमAKTU प्रशासन के अनुसार गठित जांच समिति में IET लखनऊ के निदेशक प्रो.वीरेन्द्र पाठक, राजकीय इंजीनियरिंग कॉलेज बिजनौर के निदेशक प्रो. नीलेंद्र और नेताजी सुभाषचंद्र बोस तकनीकी विश्वविद्यालय, नई दिल्ली के वरिष्ठ प्रोफेसर विजयंता अग्रवाल शामिल हैं। समिति कुलपति प्रो. राजीव कुमार की अध्यक्षता में जांच कर रही है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने बताया कि परीक्षा शुरू होने से करीब 12 घंटे पहले प्रश्न पत्र ईआरपी पोर्टल के माध्यम से कॉलेजों को भेजा जाता है। परीक्षा केंद्रों के अधीक्षकों के पास आईडी और पासवर्ड उपलब्ध होते हैं, जिससे वे परीक्षा से कुछ समय पहले प्रश्न पत्र डाउनलोड कर सकते हैं। बताया जा रहा है कि गुरुवार को दोपहर 2 बजे परीक्षा प्रस्तावित थी, लेकिन 1:28 बजे से ही प्रश्न पत्र कॉलेजों को दिखाई देने लगा। इसके एक मिनट बाद यानी 1:29 बजे इसे डाउनलोड कर प्रसारित कर दिया गया। वायरल प्रश्न पत्र पर संबंधित कॉलेज का वॉटरमार्क भी मिला है। परीक्षा से पहले पेपर पहुंचने की खबरवहीं, गाजियाबाद के एक परीक्षा केंद्र पर कुछ परीक्षार्थियों के पास ऐसी पर्चियां भी मिलीं, जिनमें परीक्षा में पूछे गए सवालों के उत्तर लिखे थे। इससे आशंका जताई जा रही है कि नोएडा क्षेत्र के कई छात्रों तक परीक्षा से पहले ही पेपर पहुंच गया था। विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक प्रो. दीपक नटरिया ने कहा कि समिति पूरे मामले की जांच कर रही है। रिपोर्ट आने के बाद छात्रों के हित में उचित निर्णय लिया जाएगा।
पटना का पारा 41.6 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है। ऐसी स्थिति में शहर के प्रमुख सरकारी अस्पताल पीएमसीएच और आईजीआईएमएस में मरीजों की संख्या बढ़ गई है। दस्त, उल्टी, पेट दर्द, डिहाइड्रेशन और हीट स्ट्रोक से पीड़ित मरीज बड़ी संख्या में पहुंच रहे हैं। सुबह से ही अस्पतालों की ओपीडी के बाहर मरीजों की लंबी कतारें देखी गईं। इनमें अधिकतर मरीज पेट संबंधी बीमारियों और शरीर में पानी की कमी से पीड़ित थे। पीएमसीएच में कई मरीज टेबल-स्टैंड फैन लेकर पहुंचे, क्योंकि अस्पताल में कई पंखे या तो खराब थे या धीमी गति से चल रहे थे। मरीज कहते हैं कि ऐसी व्यवस्था में मरीज बिना इलाज के मर जाएंगे। पीएमसीएच-आईजीआईएमएस में भास्कर रिपोर्टर पहुंचे और स्थिति जानी, ओपीडी परिसर में मरीजों और उनके परिजनों की लंबी कतारें लगी थी, कैसे थे हालात पढ़ें रिपोर्ट… फर्श पर बैठना पड़ा पीएमसीएच और आईजीआईएमएस में मरीजों और उनके परिजन की भीड़ लगी थी। कई स्थानों पर पंखे खराब थे, जबकि कूलर और एसी भी बंद थे। अस्पताल में अधिक भीड़ होने के कारण मरीजों के बैठने की व्यवस्था भी नहीं थी। मरीज और उनके परिजन को फर्श पर ही बैठना पड़ा। गर्मी इतनी थी कि सहन नहीं हो रही थी। लोग हाथ वाले पंखे से खुद को हवा दे रहे थे। ओपीडी में हर कोई इलाज के लिए अपने नंबर का इंतजार कर रहा था। सबसे अधिक परेशानी बुजुर्गों, गर्भवती महिलाओं, छोटे बच्चों और गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों को हो रही थी। उमस और भीड़ के कारण कई मरीजों की हालत बिगड़ती नजर आई। अस्पताल से तस्वीरें… IGIMS में घंटों करना पड़ा इंतजार इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान (IGIMS) के ओपीडी में शनिवार की सुबह से ही मरीजों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। पंजीकरण काउंटर से लेकर डॉक्टरों के चेंबर तक लंबी कतारें लगी रहीं। मरीज और उनके परिजन घंटों अपनी बारी का इंतजार करते दिखाई दिए।बैठने की जगह कम पड़ने के कारण कई लोग फर्श, बेंच और गलियारों में बैठकर इंतजार करते दिखे। उमस और भीड़ के कारण लोगों की हालत बिगड़ती नजर आई। जांच केंद्रों पर भी लंबी कतारों के कारण धक्का-मुक्की जैसी स्थिति बनी रही। सुबह से ही पहुंचा, पर डॉक्टर से न मिल सका रोहतास से किडनी मरीज को लेकर पहुंचे दिवाकर सिंह ने बताया कि सुबह 8 बजे अस्पताल पहुंचने के बावजूद पर्ची कटाने और डॉक्टर तक पहुंचने में कई घंटे लग गए। भीड़ और गर्मी से मरीज की हालत लगातार बिगड़ती रही। जांच भी नहीं हो पाई। अब रात यहीं बिताकर कल फिर कोशिश करेंगे। एक मरीज ने बताया कि उन्हें पिछले दो दिनों से लगातार दस्त हो रहे हैं और दवा लेने के बाद भी राहत नहीं मिली है। घुटन से बचने के लिए बरामदे पर लोगपीएमसीएच के राजेंद्र सर्जिकल वार्ड और इंदिरा गांधी इमरजेंसी वार्ड की स्थिति सबसे ज्यादा खराब नजर आई। कई वार्डों में पंखे या तो बंद पड़े थे या बेहद धीमी गति से चल रहे थे। मरीजों को राहत देने के लिए परिजन घर से टेबल फैन, स्टैंड फैन लेकर अस्पताल पहुंच रहे हैं। कई मरीज वार्ड की घुटन से बचने के लिए बरामदों में समय बिताने को मजबूर दिखे। पुराने भवन को खाली कर नए भवन में शिफ्ट किया जा रहा है अस्पताल अधीक्षक डॉ. राजीव कुमार सिंह ने बताया कि पुराने भवन को खाली कर नए भवन में शिफ्ट किया जा रहा है। दिसंबर तक सभी विभागों को वातानुकूलित नए भवन में स्थानांतरित करने का लक्ष्य है। पुराने भवन को भविष्य में तोड़ा जाना है, इसलिए वहां सीमित संसाधनों से काम चलाया जा रहा है। अस्पताल परिसर में ठंडे पानी की बेहतर व्यवस्था की गई है, दूर दराज से आए लोगों को पानी की परेशानी न हो इसका पूरा ख्याल रखा गया है। मरीजों की मांग,अस्पतालों में बढ़े राहत के इंतजाममरीजों और उनके परिजनों ने अस्पतालों में अतिरिक्त पंखे, कूलर, ठंडे पेयजल, प्रतीक्षालय और बेहतर बैठने की व्यवस्था की मांग की है। लोगों का कहना है कि अस्पताल आने वाला व्यक्ति पहले से ही शारीरिक और मानसिक तनाव में होते हैं। ऐसे में गर्मी और अव्यवस्था परेशानी कई गुना बढ़ा देती है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों का भी मानना है कि हीट वेव जैसी स्थिति में अस्पतालों में पर्याप्त कूलिंग सिस्टम और पेयजल की व्यवस्था जरूरी है, ताकि मरीजों की हालत और न बिगड़े। डॉक्टर और एम्बुलेंस ऑन कॉलसिविल सर्जन योगेंद्र प्रसाद मंडल ने बताया कि भीषण गर्मी को देखते हुए सभी सीएचसी और पीएचसी अस्पतालों में व्यवस्था मजबूत की गई है। डॉक्टरों और एंबुलेंस को ऑन-कॉल अलर्ट पर रखा गया है। उन्होंने बताया कि अस्पतालों में पर्याप्त मात्रा में दवा और ORS उपलब्ध है। साथ ही 3 से 4 अतिरिक्त बेड की भी व्यवस्था की गई है।
नारनौल बस स्टैंड पर रोडवेज बस में एक यात्री के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। गांव मौखुता निवासी सुलतान सिंह ने शहर थाना पुलिस को शिकायत देकर बस कंडक्टर, ड्राइवर और एक अन्य व्यक्ति पर हमला करने का आरोप लगाया है। शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शिकायत के अनुसार, गांव मोखुता का सुलतान सिंह किसी कार्य से नारनौल आया था और वापस गांव जाने के लिए बस स्टैंड पर बस का इंतजार कर रहा था। बस में चढ़ने के बाद उसने टिकट लिया। बस में भीड़ अधिक होने के कारण उसने कंडक्टर से आगे सीट के पास बैठने की बात कही। आरोप है कि इसी बात को लेकर कंडक्टर उससे उलझ पड़ा और उसके साथ मारपीट शुरू कर दी। कंडक्टर ने मारा मुक्का पीड़ित ने आरोप लगाया कि कंडक्टर रविंद्र ने पहले उसके चेहरे पर मुक्का मारा, जिससे उसकी नाक पर चोट आई। इसके बाद उसे बस से नीचे धक्का देकर गिरा दिया गया। आरोप है कि बाद में बस से डंडा निकालकर हमला किया गया। बचाव करते समय उसके दाहिने हाथ में फ्रैक्चर हो गया। शिकायत में यह भी कहा गया है कि बस ड्राइवर प्रकाश और एक अन्य व्यक्ति ने भी उसके साथ लात-घूंसों से मारपीट की। जिसके कारण वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के दौरान बस स्टैंड पर लोगों की भीड़ जमा हो गई और बीच-बचाव के बाद मामला शांत हुआ। सूचना मिलने पर डायल 112 पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को थाना शहर नारनौल ले जाया गया। बाद में घायल का सरकारी अस्पताल में मेडिकल और एक्स-रे कराया गया।
दरभंगा में हवाई कनेक्टिविटी को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल शुरू हुई है। सांसद सह एयरपोर्ट सलाहकार समिति के अध्यक्ष गोपालजी ठाकुर ने बताया कि नए सिविल एन्क्लेव तक पहुंच को बेहतर बनाने के लिए एनएच-27 से एप्रोच रोड निर्माण की टेंडर जारी कर दी गई है। करीब 12.34 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाली यह सड़क परियोजना एयरपोर्ट को फोरलेन सड़क से जोड़ेगी। एयरपोर्ट लगातार विकास के नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है। उड़ान सेवा के तहत राजस्व संग्रह, यात्रियों की संख्या, लीची, मखाना जैसे उत्पादों के कार्गो निर्यात और सुरक्षा व्यवस्था के लिए सीआईएसएफ की स्थायी तैनाती यह साबित करती है कि केंद्र सरकार दरभंगा को हवाई कनेक्टिविटी के क्षेत्र में मजबूत बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। व्यापार और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे गोपालजी ठाकुर ने आगे कहा कि यह सड़क परियोजना मिथिला क्षेत्र में बेहतर कनेक्टिविटी, निवेश, व्यापार और रोजगार के नए अवसरों को गति देगी। सांसद ने इस पहल के लिए नरेंद्र मोदी, राममोहन नायडू और सीएम सम्राट चौधरी के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इनके नेतृत्व में दरभंगा सहित सम्पूर्ण मिथिला का विकास नई ऊंचाइयों की ओर बढ़ रहा है। एयरपोर्ट सलाहकार समिति की बैठकों में लगातार इस सड़क निर्माण की आवश्यकता को उठाया गया था। समिति की ओर से प्रस्ताव पारित कर नागर विमानन मंत्रालय और बिहार सरकार को भेजा गया था, जिसका सकारात्मक परिणाम अब सामने आया है। दरभंगा एयरपोर्ट पर 912 करोड़ रुपए की लागत से नए टर्मिनल भवन का निर्माण कार्य चल रहा है। ऐसे में नई सड़क परियोजना टर्मिनल भवन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण साबित होगी। सांसद ने कहा कि जल्द ही सीआईएसएफ अधिकारियों और जवानों के लिए भवन निर्माण और अन्य सुविधाओं को लेकर भी सकारात्मक पहल देखने को मिलेगी।
मंदसौर शहर की शालीमार कॉलोनी के पास शनिवार रात एक सड़क हादसे में दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। एक तेज रफ्तार मोटरसाइकिल ने सड़क किनारे खड़े युवक को टक्कर मार दी। स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को जिला चिकित्सालय पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। इस घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। पुलिस के अनुसार, शनिवार रात दिलीप पाटीदार (37), निवासी नयापुरा जैन मंदिर के पास, प्रतापगढ़ से मंदसौर लौट रहे थे। शालीमार कॉलोनी के पास उनकी तेज रफ्तार मोटरसाइकिल अनियंत्रित हो गई। इसी दौरान बाइक ने सड़क किनारे खड़े मोहसिन (35), निवासी नारायण नगर, मंदसौर को टक्कर मार दी। ऑटो से सामान उतारते समय बाइक ने मारी टक्करमोहसिन पेशे से ऑटो रिक्शा चालक हैं। वे शालीमार कॉलोनी स्थित एक आयरन वर्कशॉप पर माल खाली करने पहुंचे थे। जैसे ही वे ऑटो रिक्शा से नीचे उतरे, तेज रफ्तार बाइक ने उन्हें टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि मोहसिन सड़क पर काफी दूर तक घिसटते चले गए। टक्कर के बाद बाइक सवार दिलीप भी अपना संतुलन खो बैठा और सड़क किनारे झाड़ियों में जा गिरा। इस दुर्घटना में दिलीप के हाथ और पैर में चोटें आई हैं। बाइक सवार भी झाड़ियों में गिरास्थानीय लोगों ने तुरंत दोनों घायलों को निजी वाहन से जिला चिकित्सालय पहुंचाया। डॉक्टरों ने बताया कि मोहसिन के पैर में फ्रैक्चर हुआ है और हाथ में गंभीर चोटें आई हैं। उनके शरीर के अन्य हिस्सों में भी अंदरूनी चोटें बताई जा रही हैं। दिलीप का भी अस्पताल में इलाज चल रहा है। घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। इसमें बाइक सवार दिलीप को मोहसिन को टक्कर मारते हुए साफ देखा जा सकता है। फुटेज के आधार पर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
जालंधर के रहने वाले और हॉकी इंडिया टीम के स्टार प्लेयर,ओलंपियन मनदीप सिंह को रविवार को पंजाब सरकार महाराजा रणजीत सिंह खेल अवॉर्ड से सम्मानित करेगी। इस खास मौके पर मनदीप सिंह और उनके परिवार ने खुशी जताई और सरकार का थैंक्स किया। अवॉर्ड सिलेक्शन के लिए खुशी जाहिर करते हुए मनदीप सिंह ने कहा कि यह उनके लिए गर्व और सम्मान की बात है। उन्होंने पंजाब सरकार के इस फैसले की सराहना करते हुए कहा, बहुत खुशी हो रही है कि हमें महाराजा रणजीत सिंह अवॉर्ड से नवाजा जा रहा है। काफी लंबे समय बाद (आखिरी बार 2016 में) यह सम्मान मिल रहा है। टोक्यो ओलंपिक में देश का नाम रोशन करने वाले पंजाब के लगभग 90 खिलाड़ियों को यह अवॉर्ड दिया जा रहा है।इस मौके पर भारतीय हॉकी टीम की मौजूदा तैयारियों पर बात करते हुए फॉरवर्ड खिलाड़ी मनदीप सिंह ने बताया कि टीम इस समय बेंगलुरु के राष्ट्रीय कैंप में मेहनत कर रही है। खिलाड़ियों के सामने इस साल वर्ल्ड कप, एशियन गेम्स और एशियन चैंपियंस ट्रॉफी जैसे कई बड़े और महत्वपूर्ण टूर्नामेंट हैं। उन्होंने कहा कि हर टूर्नामेंट के स्तर और विपक्षी टीमों को ध्यान में रखकर अलग रणनीति बनाई जा रही है ताकि टीम सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर सके। लक्ष्य सिर्फ गोल्ड मेडल और वर्ल्ड कप ट्रॉफीमनदीप सिंह ने साफ किया कि भारतीय टीम अब सिर्फ हिस्सा लेने नहीं, बल्कि इतिहास रचने के इरादे से मैदान में उतरेगी। उन्होंने कहा कि हमारा लक्ष्य वर्ल्ड कप में पोडियम फिनिश करते हुए स्वर्ण पदक जीतना है। इसके अलावा एशियन गेम्स में भी गोल्ड मेडल जीतकर सीधे ओलंपिक क्वालिफिकेशन हासिल करना हमारी सबसे बड़ी प्राथमिकता है। हमें पता है कि वर्ल्ड कप में हमारा प्रदर्शन पिछले लंबे समय से उम्मीदों के मुताबिक नहीं रहा है, लेकिन इस बार टीम सिर्फ जीतने के इरादे से उतरेगी। दिन-रात चल रहे अभ्यास सत्रों में हर खिलाड़ी को अपनी जिम्मेदारी का पूरा अहसास है और हमें पूरा भरोसा है कि इस बार टीम ट्रॉफी उठाकर ही देश लौटेगी। पिता बोले-45 साल का सूखा खत्म करेगी टीममनदीप सिंह के पिता रविंदर सिंह ने भी अपनी खुशी साझा की। उन्होंने कहा, पूरे परिवार और गांव में दिवाली जैसा माहौल है, सभी बधाइयां दे रहे हैं। मेरे बेटे मनदीप के साथ वरुण कुमार और करीब 90 खिलाड़ियों को यह स्टेट अवॉर्ड मिल रहा है। सरकार जब खिलाड़ियों को सम्मानित करती है, तो उनका उत्साह दोगुना हो जाता है और इसके परिणाम मैदान पर भी अच्छे दिखते हैं। बेटे के व्यस्त शेड्यूल और टीम की तैयारियों पर बात करते हुए रविंदर सिंह ने कहा कि पिछले कुछ महीनों से लगातार टूर्नामेंट्स के कारण मनदीप का शेड्यूल काफी व्यस्त है, लेकिन इस बार पूरी टीम की तैयारी सिर्फ जीतने की है। हमारे पास बाकी सभी मेडल हैं, बस एक वर्ल्ड कप के मेडल की कमी है जिसका इंतजार देश पिछले 40-45 साल से कर रहा है। हमें पूरा विश्वास है कि इस बार बच्चे यह इंतजार खत्म करके दिखाएंगे।
भिवानी में चौधरी बंसीलाल पार्क पार्क के पास गोदाम में बिजली का काम करते समय एक इलेक्ट्रिशियन की करंट लगने से मौत हो गई। सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच शुरू कर दी। भिवानी के गांव बामला निवासी साहब सिंह ने बताया कि उसके 2 बेटे हैं। बड़ा बेटा करीब 24 वर्षीय अंकित अविवाहित था, जो भिवानी में इलेक्ट्रिशियन का काम करता था। हर रोज की तरह शनिवार को भी वह अपने काम पर आया हुआ था। उन्हें सूचना मिली कि भिवानी में बंसीलाल पार्क के पास गोदाम में करंट लग गया। करंट लगने के कारण उसकी मौत हो गई। जिसके बाद वे मौके पर पहुंचे तो पता चला कि उसके बेटे को गोदाम मालिक द्वारा बिजली का काम करवाने के लिए बुलाया गया था। इसी दौरान उसके बेटे अंकित को करंट लग गया। जिसके कारण वह बुरी तरह से झुलस गया। वहीं उसके बेटे को बाद में उपचार के लिए अस्पताल में लाया गया। जहां पर चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। वहीं मांग की कि इस मामले की जांच की जाए। जांच में जुटी पुलिस दिनोद गेट पुलिस चौकी इंचार्ज राजेश कुमार ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि एक युवक को करंट लग गया। करंट लगने के कारण युवक की मौत हो गई। यह सूचना मिलने के बाद टीम को मौके पर जांच के लिए भेज दिया। वहीं मामले की जांच की जा रही है। जांच के आधार पर आगामी कार्रवाई की जा रही है।
मैं दो साल से उसके संपर्क में था। जब भी उससे मिलता था, वह मुझे गलत तरीके से छूता था। कई बार मना किया, लेकिन वह हर बार शराब के नशे में अजीब हरकतें करता था। यह खुलासा शुक्रवार को जबलपुर के धनवंतरी नगर में 28 साल के युवक सुरेंद्र सिंह उर्फ चिंगम की हत्या के मामले में गिरफ्तार आरोपी आयुष यादव (26) ने पुलिस पूछताछ में किया। जबलपुर पुलिस ने 24 घंटे के भीतर हत्या की गुत्थी सुलझाते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आयुष ने बताया कि सुरेंद्र देर रात बुलाकर अप्राकृतिक कृत्य करने लग गया था। विरोध करने पर मारपीट करने लगा। तभी तय कर लिया था कि अब उससे दोस्ती नहीं रखनी है, लेकिन वह फोन कर बुलाता और फिर मारपीट करता था। इसलिए मैंने उसे मार डाला। गमछे से गला दबाया, नस काटी संजीवनी नगर पुलिस के मुताबिक आरोपी आयुष यादव मृतक का खास दोस्त था। उसने पहले गमछे से गला दबाकर सुरेंद्र की हत्या की और फिर इसे आत्महत्या का रूप देने के लिए उसके बाएं हाथ की नस चाकू से काट दी। शनिवार को आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। कमरे में मिली थी लाशपुलिस के अनुसार, परसवाड़ा के पास पूर्व सरपंच के घर में किराए से रह रहे सुरेंद्र की शुक्रवार सुबह कमरे में लाश मिली थी। वह कुछ दिन पहले ही यहां रहने आया था। पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टर ने बताया कि गला घोंटने से श्वासनली टूटने के कारण उसकी मौत हुई है। हत्या से पहले हुआ था झगड़ाशुरुआती जांच में पता चला कि घटना वाली रात सुरेंद्र का लालबाबा मंदिर के पास किसी से विवाद हुआ था। गणेश शर्मा ने पुलिस को बताया कि वह परिवार के साथ चबूतरे पर बैठे थे, तभी सुरेंद्र स्कूटी से वहां पहुंचा और मोबाइल पर जोर-जोर से बात करते हुए गाली-गलौज करने लगा। परिवार के मौजूद होने की बात कहकर उसे टोका गया तो वह वहां से ओम डेयरी की ओर चला गया। कुछ देर बाद विवाद और गिरने की आवाज सुनाई दी। मौके पर पहुंचने पर सुरेंद्र शराब के नशे में जमीन पर पड़ा था और पास में आयुष यादव खड़ा था। पूछने पर आयुष ने खुद को उसका दोस्त बताया और कहा कि ज्यादा शराब पीने से वह गिर गया है। डायल-112 पर कॉल करने की बात पर उसने मना करते हुए कहा कि पास ही उसका कमरा है, वहां छोड़ दो। इसके बाद रितिक गौतम और यश चौधरी ने उसे कमरे तक पहुंचाया। अगली सुबह उसकी मौत की जानकारी मिली। पहले से दर्ज हैं कई मामले एएसपी पल्लवी शुक्ला ने बताया कि मृतक सुरेंद्र के खिलाफ आधा दर्जन से अधिक आपराधिक मामले दर्ज थे। पूछताछ में आरोपी आयुष ने बताया कि वह सुरेंद्र की हरकतों और लगातार मारपीट से परेशान था। व्हाट्सएप पर ऑनलाइन दिखने पर भी सुरेंद्र उसे गालियां देता और मिलने बुलाकर प्रताड़ित करता था। इसी से तंग आकर उसने हत्या की योजना बनाई और वारदात को अंजाम दिया।
भगवतगढ़ कस्बे में लेपर्ड की मौत:गौशाला के पास सड़क पर अज्ञात वाहन की टक्कर से हुई मौत
सवाई माधोपुर जिले के समीपवर्ती भगवतगढ़ कस्बे में शनिवार रात एक दर्दनाक हादसे में लेपर्ड की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि गौशाला के पास सड़क पर किसी अज्ञात वाहन ने लेपर्ड को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि लेपर्ड के मुंह से काफी खून बह निकला और उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया। घटना के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलने पर भगवतगढ़ पुलिस चौकी प्रभारी दीपक शर्मा मय जाब्ता मौके पर पहुंचे और लेपर्ड के शव को सड़क से हटवाकर अपने कब्जे में लिया। शव को कब्जे में लेकर सड़क से हटवाया पुलिस चौकी प्रभारी दीपक शर्मा ने बताया कि रात करीब 8:15 बजे गौशाला के पास यह हादसा हुआ। अज्ञात वाहन चालक टक्कर मारने के बाद मौके से फरार हो गया। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना पर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घटना की सूचना वन विभाग को दी गई, जिसके बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और लेपर्ड के शव को नाका बौंली लेकर रवाना हुई। वन विभाग द्वारा फिलहाल लेपर्ड का पोस्टमार्टम करवाने के लिए आगे की कार्रवाई की जा रही है।
भीषण गर्मी और लगातार बढ़ते तापमान के बीच पशु-पक्षियों के लिए पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से प्रशासन ने विशेष अभियान शुरू किया है। इसके तहत नहरों के माध्यम से गांवों के तालाबों और अमृत सरोवरों को भरा जा रहा है। तेज गर्मी के कारण कई तालाब और छोटे जलस्रोत सूखने लगे थे। इससे पशु-पक्षियों को पानी के लिए भटकना पड़ रहा था। ग्रामीण क्षेत्रों में मवेशियों और पक्षियों की परेशानी को देखते हुए प्रशासन ने यह कदम उठाया है। नहरों से पहुंचाया जा रहा पानी अभियान के तहत सिंचाई विभाग और स्थानीय प्रशासन की टीम नहरों से पानी छोड़कर अमृत सरोवरों और सार्वजनिक तालाबों को भरने का कार्य कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि इससे जल संरक्षण के साथ पशुओं को भी राहत मिलेगी। ग्रामीणों ने पहल की सराहना की ग्रामीणों ने प्रशासन की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि तालाबों में पानी भरने से पशुओं के लिए पेयजल की समस्या कम होगी। साथ ही भूजल स्तर बनाए रखने और पर्यावरण संरक्षण में भी मदद मिलेगी। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि गर्मी के दौरान पशु-पक्षियों के लिए घरों और सार्वजनिक स्थानों पर पानी की व्यवस्था करें, ताकि उन्हें भीषण गर्मी से राहत मिल सके।
पाली शहर में रविवार की सुबह पुलिसकर्मी और पुलिस मित्र साईकिल चलाते नजर आए। शहर के व्यास सर्किल से साईकलिंग करना सभी ने शुरू किया। कलेक्ट्रेक्ट, सूरजपोल होते हुए साईकिल रैली अम्बेकर सर्किल पहुंच पूरी हुई। पाली ASP निशांत भारद्वाज ने बताया कि SP मोनिका सैन के निर्देशन में रविवार की सुबह संडे ऑन साईकिल अभियान के तहत लोगों को फिटनेस के लिए जागरूक करने के लिए साईकिल रैली निकाली गई। ताकि लोग अपनी सेहत के प्रति जागरूक हो और खुद को फिट रखने के लिए साईकिल आदि व्यायाम करें। रैली शहर के व्यास सर्किल से रवाना हुई। जो कलेक्ट्रेट, अहिंसा सर्किल, सूरजपोल होते हुए अम्बेडकर सर्किल पहुंच सम्पन्न हुई। रैली में पाली सिटी सीओ मदनसिंह, सीओ ग्रामीण अमरसिंह रत्नू, कोतवाल रविन्द्रसिंह खिंची, सदर थानाप्रभारी कपूराराम, टीपी नगर थानाप्रभारी हनुवंतसिंह सिसोदिया, औद्योगिक नगर थानाप्रभारी निरमा विश्नोई सहित कोतवाली, औद्योगिक नगर थाना, सदर, टीपी नगर थाने के पुलिसकर्मी, पुलिस मित्र आदि रैली में शामिल रहे।
गाजियाबाद में कच्ची दुकानों में लगी आग:तीन से चार दुकानें जलकर राख, स्थानीय लोगों ने बुझाई आग
गाजियाबाद के लोनी थाना क्षेत्र के चिरोड़ी इलाके में खेत के बाहर बनी कच्ची दुकानों में अचानक आग लग गई। आग लगते ही इलाके में अफरा-तफरी मच गई और आसपास मौजूद लोगों ने शोर मचाकर अन्य लोगों को मौके पर बुलाया। इसके बाद स्थानीय लोगों ने मिलकर आग बुझाने की कोशिश शुरू कर दी। जानकारी के अनुसार आग इतनी तेजी से फैली कि देखते ही देखते तीन से चार कच्ची दुकानें जलकर राख हो गईं। दुकानों में रखा सामान भी पूरी तरह जल गया। स्थानीय लोगों की सतर्कता के चलते आग पर समय रहते काबू पा लिया गया, जिससे बड़ा हादसा होने से टल गया। घटना की सूचना दमकल विभाग को भी दी गई थी। मुख्य अग्निशमन अधिकारी राहुल पाल के अनुसार, सूचना मिलने के बाद दमकल की गाड़ी स्टेशन से रवाना होने ही वाली थी, तभी दोबारा सूचना मिली कि स्थानीय लोगों ने आग पर काबू पा लिया है।आग लगने के कारणों का अभी स्पष्ट पता नहीं चल सका है। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार शॉर्ट सर्किट या किसी चिंगारी से आग लगने की संभावना जताई जा रही है। फिलहाल मौके पर स्थिति सामान्य है और किसी के घायल होने की सूचना नहीं है।
बुरहानपुर की लालबाग थाना पुलिस ने चोरी की एक वारदात का खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से एलईडी टीवी, म्यूजिक सिस्टम, पीतल की समई, चांदी के सिक्के और दो हजार रुपए नकद बरामद किए हैं। छत के रास्ते घर में घुसे थे चोर शिक्षक कॉलोनी निवासी 53 वर्षीय रेशमा दुबे ने 10 मई को इस संबंध में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि वे अपने भाई दिनेश दुबे के साथ एक रिश्तेदार के यहां गई थीं। रात 10 बजे घर लौटने पर उन्हें पता चला कि चोर छत के रास्ते घर में घुसकर चोरी कर चुके हैं। चोर घर से पैनासोनिक एलईडी टीवी, पीतल की बाली, समई, दो चांदी के सिक्के, दो हजार रुपए नकद और एक म्यूजिक सिस्टम चुरा ले गए थे। सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर की सूचना से पकड़े गए आरोपी पुलिस अधीक्षक आशुतोष बागरी के निर्देश पर टीआई अमित सिंह जादौन ने एक टीम गठित की। सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने 20 वर्षीय रितिक सोनी, 24 वर्षीय अनिल उर्फ अन्ना तायडे और 24 वर्षीय राहुल उर्फ झुमरू को गिरफ्तार किया। पूछताछ में तीनों आरोपियों ने चोरी करना कबूल कर लिया। तीनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज आरोपी अनिल उर्फ अन्ना इंद्रा कॉलोनी का निवासी है, जबकि रितिक सोनी हरिराम कॉलोनी और राहुल उर्फ झुमरू जनता क्वार्टर का रहने वाला है। पुलिस ने तीनों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
प्रतापगढ़ में शादी समारोह में बवाल:बारातियों-घरातियों से मारपीट, 12 नामजद आरोपियों पर केस
प्रतापगढ़ के बाघराय थाना क्षेत्र के नचनियन का पुरवा कोर्रही गांव में एक शादी समारोह के दौरान पुरानी रंजिश को लेकर जमकर बवाल हो गया। लाठी-डंडा, कुल्हाड़ी और सरिया से लैस कुछ लोगों ने घरातियों और बारातियों पर हमला कर दिया, जिसमें कई लोग घायल हो गए। पुलिस ने इस मामले में 12 नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पीड़िता सोनी देवी पत्नी मंगेश कुमार ने पुलिस को बताया कि यह घटना 17 मई की रात को हुई थी। उनकी ननद प्रियंका की शादी थी और घर में तिलक कार्यक्रम चल रहा था। रात करीब 11 बजे गांव के कुछ लोग पुरानी रंजिश के चलते हथियारों से लैस होकर वहां पहुंचे। सोनी देवी के अनुसार, हमलावरों ने सबसे पहले शादी समारोह की लाइट बंद कर दी, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। इसके बाद उन्होंने वहां मौजूद घरातियों और बारातियों पर हमला कर दिया। इस हमले में सोनी देवी के साथ अमित गौतम, सोहन गौतम, रंजीत गौतम, रोशन गौतम और आकाश गौतम सहित कई लोग घायल हो गए। हमलावरों ने मौके पर लगे डीजे में भी तोड़फोड़ करने का प्रयास किया, जिससे शादी समारोह में दहशत फैल गई। घटना के बाद पीड़िता सोनी देवी ने बाघराय थाने में तहरीर दी। पुलिस ने तहरीर के आधार पर रचित गौतम, अनुराग गौतम, विजय घोष, राज गौतम, अंकित सहित कुल 12 लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। थाना पुलिस ने बताया कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल बना हुआ है, जिस पर पुलिस नजर बनाए हुए है।
राजधानी रायपुर में अपराधियों और असामाजिक तत्वों पर नकेल कसने के लिए पुलिस ने अभियान ‘ऑपरेशन कालचक्र’ चलाया। नॉर्थ जोन पुलिस ने 18 से 23 मई तक अलग-अलग थाना क्षेत्रों में औचक रेड कार्रवाई करते हुए चाकूबाजों, गुंडा बदमाशों, निगरानी बदमाशों और संदिग्धों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की। पुलिस उपायुक्त नॉर्थ जोन मयंक गुर्जर के निर्देशन में चलाए गए इस अभियान का उद्देश्य अपराधियों में मनोवैज्ञानिक दबाव बनाना, क्षेत्र में अपराधों पर नियंत्रण करना और संगठित अपराध के नेटवर्क को तोड़ना बताया गया है। अभियान के दौरान अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त आकाश मरकाम और सहायक पुलिस आयुक्त पूर्णिमा लामा के नेतृत्व में थाना प्रभारियों और पुलिस बल ने संयुक्त रूप से कार्रवाई की। इन थाना क्षेत्रों में हुई कार्रवाई खमतराई, उरला, गुढ़ियारी, पंडरी और खम्हारडीह थाना क्षेत्रों के संवेदनशील इलाकों में दबिश देकर पुलिस ने कई अपराधियों को पकड़ा। कार्रवाई के दौरान एनडीपीएस एक्ट के तहत 1 आरोपी, आर्म्स एक्ट में 6 आरोपी और आबकारी एक्ट के तहत 71 लोगों के खिलाफ केस दर्ज किए गए। वहीं, प्रतिबंधित हुक्का और तंबाकू सामग्री रखने वाले 41 आरोपियों पर कोटपा एक्ट के तहत कार्रवाई की गई। प्रतिबंधात्मक धाराओं में कार्रवाई इसके अलावा प्रतिबंधात्मक धाराओं के तहत 81 आरोपियों के खिलाफ भी कार्रवाई की गई। पुलिस ने सार्वजनिक जगहों पर शराब पीने और शराब उपलब्ध कराने वालों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की।
डेराबस्सी-अंबाला-चंडीगढ़ नेशनल हाईवे पर बरवाला चौक के पास शनिवार देर रात कुछ 5 दुकानों में अचानक आग लग गई। आग लगते ही इलाके में अफरातफरी मच गई और आसपास के लोगों में दहशत फैल गई। घटना स्थल के पास रिहायशी इलाका होने के कारण लोग एहतियात के तौर पर अपने घरों और दुकानों से बाहर निकल आए। आग की लपटें और धुएं का गुबार दूर तक दिखाई दे रहा था, जिससे कुछ समय के लिए पूरे इलाके में भय का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। फायर ब्रिगेड कर्मचारियों ने तेजी से कार्रवाई करते हुए आग पर काबू पा लिया। समय रहते आग बुझा लेने से इसे आसपास की दुकानों और रिहायशी इलाके तक फैलने से रोक लिया गया। कुछ ही मिनटों में कई दुकानों तक पहुंच गई आग स्थानीय लोगों के मुताबिक आग अचानक भड़की और कुछ ही मिनटों में कई दुकानों तक पहुंच गई। हालांकि दमकल विभाग की त्वरित कार्रवाई से बड़ा हादसा टल गया। राहत की बात यह रही कि घटना में किसी के घायल होने या बड़े जान-माल के नुकसान की सूचना नहीं मिली है। आग लगने के कारणों की जांच शुरू फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है। संबंधित विभाग और प्रशासनिक टीमें मामले की जांच में जुटी हैं। शुरुआती तौर पर शॉर्ट सर्किट समेत अन्य कारणों की संभावना भी देखी जा रही है।
गुरु जम्भेश्वर विश्वविद्यालय ने विधि (लॉ) पाठ्यक्रम के द्वितीय सेमेस्टर की परीक्षाएं स्थगित कर दी हैं। पहले ये परीक्षाएं 27 मई 2026 से प्रस्तावित थीं, लेकिन अब संशोधित कार्यक्रम के अनुसार इन्हें 5 जून 2026 से आयोजित किया जाएगा। विश्वविद्यालय द्वारा जारी कार्यालय ज्ञापन के अनुसार, विभिन्न लॉ कॉलेजों के छात्र-छात्राओं ने शिकायत की थी कि उनकी पर्याप्त कक्षाएं नहीं हो सकी हैं। इसके कारण वे परीक्षा की तैयारी पूरी नहीं कर पाए थे, जिसके चलते छात्रों ने परीक्षा तिथियां आगे बढ़ाने की मांग की थी। कुलपति के आदेश पर बदला गया परीक्षा कार्यक्रमछात्रों की मांग पर विचार करते हुए कुलपति के आदेश के बाद परीक्षा नियंत्रक कार्यालय ने नई समय सारणी जारी की है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने सभी संबद्ध कॉलेजों के प्राचार्यों को निर्देश दिए हैं कि वे संशोधित कार्यक्रम के अनुसार आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करें। छात्रों को मिला अतिरिक्त समयपरीक्षा तिथियां आगे बढ़ने से छात्रों को अब तैयारी के लिए लगभग एक सप्ताह का अतिरिक्त समय मिल गया है।
आगरा में भीषण गर्मी जारी है। शनिवार दोपहर बाद बादल छाने के बाद थोड़ी राहत मिली थी लेकिन रविवार सुबह से एक बार फिर तेज धूप ने लोगों को परेशान कर दिया है। दिन और रात का तापमान सामान्य से अधिक है। हालांकि मौसम विभाग ने दोपहर बाद बादल छाने और बूंदाबांदी की संभावना जताई है। आगरा में शनिवार को दोपहर बाद बादल छा गए थे। इससे लोगों को भीषण गर्मी से थोड़ी राहत मिली थी। तापमान में गिरावट दर्ज की गई। मौसम विभाग ने 24 मई को आंधी के साथ बूंदाबांदी या बारिश की संभावना जताई है। मगर, 25 मई को एक बार फिर से हीटवेव को लेकर अलर्ट किया है। शनिवार को अधिकतम तापमान 43.8C रहा। जोकि सामान्य से 0.6C अधिक रहा। वहीं, न्यूनतम तापमान 28.3C रहा जोकि सामान्य से 1.8C अधिक रहा। 19 मई को रहा सीजन का सबसे गर्म दिनशुक्रवार को तापमान में एक बार फिर से बढ़ोत्तरी हुई। हालांकि 13 मई से तापमान 40C अधिक है। आगरा में 19 मई को सीजन का सबसे गर्म दिन रहा। अधिकतम तापमान 46.5C पर पहुंच गया। ये इस साल का सबसे अधिक अधिकतम तापमान है। आगरा में दिन के साथ-साथ रात भी तप रही है। जमीन तपने लगी है। खुले में रहने वाले छांव की तलाश कर रहे हैं। गर्मी ने लोगों का बेहाल कर दिया है। धूप में बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। ऐसे में नगर निगम द्वारा जगह-जगह पानी की बौछार का छिड़काव कराया जा रहा है, जिससे कि लोगों को गर्मी से राहत मिल सके। जानिए पिछले दिनों के तापमान की स्थिति सुबह से निकली थी तेज धूप रविवार सुबह से ही तेज धूप निकली हुई है। हल्की हवा भी चल रही है। तेज धूप की वजह से पैदल या दोपहिया वाहन से सड़क पर चलना मुश्किल हो गया है। लोग छाता या गमछा लेकर चलने को मजबूर हैं। भीषण गर्मी को देखते हुए शहर-शहर में प्याऊ लगाए गए हैं। हीटवेट का अलर्टमौसम विभाग के अनुसार, शनिवार को दिनभर गर्म हवाएं चलेंगी। तेज धूप रहेगी। तापमान में बढ़ोत्तरी होगी। 27 मई तक हीटवेव रहेंगी। इससे तापमान और बढ़ेगा। दिन ही नहीं, रात और तपने लगेगी। मौसम विभाग ने 24 मई को आंधी के साथ बूंदाबांदी या बारिश होने की संभावना जताई है। इसके बाद 25 मई को हीटवेव को लेकर रेट अलर्ट किया है। आने वाले दिनों के तापमान का अनुमान जानिए प्रशासन ने जारी की गाइड लाइन मौसम विभाग ने 24 मई तक हीटवेव को लेकर अलर्ट किया है। ऐसे में जिला प्रशासन ने गर्मी से बचने के लिए दोपहर 12 से 3 बजे के बीच बाहर न निकलने की सलाह दी है। मौसम विज्ञान विभाग के अलर्ट के बाद जिला प्रशासन ने आगरावासियों के लिए एडवाइजरी जारी की है। लू से ऐसे करें बचाव कडी धूप में विशेष रूप से दोपहर 12 से 3 बजे के बीच बाहर जाने से बचें। हल्के रंग के ढीले-ढाले और सूती कपड़े पहनें। धूप में निकलते समय अपना सिर ढक कर रखें, कपड़े, टोपी या छाता का उपयोग करें। पर्याप्त और नियमित अंतराल पर पानी पीते रहें। सफर में अपनें साथ पीने का पानी हमेशा रखें। खुद को हाइड्रेट रखने के लिए ओआरएस घोल नारियल का पानी, लस्सी, चावल का पानी, नीबू का पानी, छाछ, आम का पन्ना आदि घरेलू पेय पदार्थो को इस्तेमाल करें। अपने घर को ठंडा रखें। पर्दे, शटर आदि का इस्तेमाल करें तथा रात में खिड़कियां खुली रखें।
करनाल के तरवाड़ में नडाना-तरावड़ी रोड पर एक सड़क हादसे में साइकिल सवार व्यक्ति को ट्रक ने कुचल दिया। जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसा सड़क पर पड़े सरियों के कारण हुआ। जब सरियों से व्यक्ति अपनी साइकिल को बचा रहा था तो इसी दौरान उसका संतुलन बिगड़ गया। जिससे वह सड़क पर जा गिरा। इसी दौरान पीछे से तेज रफ्तार में आ रहे ट्रक ने उसे कुचल दिया। जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलते ही रात को पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम हाउस में रखवा दिया। वहीं, रात को ही पुलिस ने परिजनों की शिकायत के आधार पर मामला दर्जकर आरोपी ट्रक ड्राइवर की तलाश शुरू कर दी है। राइस मिल में करता था काम मृतक की पहचान गांव काछवा के रायफार्म निवासी 42 वर्षीय रिंका के रूप में हुई, जो राइस मिल में काम करता था और अविवाहित था। वह साइकिल पर सवार होकर शनिवार देर रात को वह तरावड़ी से नडाना की तरफ जा रहा था। नडाना-तरावड़ी रोड पर सड़क पर पड़े सरियों के कारण उसकी साइकिल का संतुलन अचानक बिगड़ गया। संतुलन बिगड़ते ही वह सड़क पर गिर गया। ट्रक ने कुचला, चालक मौके से फरार राहगीरों के अनुसार, जैसे ही रिंका सड़क पर गिरा, उसी समय तरावड़ी की तरफ से आ रहे ट्रक ने उसे रौंद दिया। हादसा होते ही आसपास के लोग मौके पर जमा हो गए। लोगों को इकट्ठा होता देख ट्रक चालक अपनी गाड़ी मौके पर ही छोड़कर फरार हो गया। निर्माण कार्य के चलते सड़क पर पड़े थे सरिये राहगीर सिंदर सिंह ने बताया कि सड़क किनारे दुकानों का निर्माण कार्य चल रहा है। सरियों को काटने के लिए उन्हें सड़क पर ही रखा गया था। उन्हीं सरियों की वजह से यह हादसा हुआ, जिसमें एक व्यक्ति की जान चली गई। पुलिस ने ट्रक कब्जे में लिया, जांच जारी घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई। सब-इंस्पेक्टर सुखविंद्र सिंह ने बताया कि गामड़ी गांव के पास हादसे की सूचना मिली थी। पुलिस ने मौके से ट्रक को कब्जे में ले लिया है। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए करनाल के मोर्चरी में भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
वाराणसी की एमपी-एमएलए कोर्ट में शनिवार को राहुल गांधी द्वारा सिख समुदाय पर दिए गए बयान मामले में सुनवाया पूरी हो गयी।कोर्ट ने अगली तारीख 6 जून तय किया है। यह सुनवाई विशेष सत्र न्यायाधीश यजुवेंद्र विक्रम की सिंह की अदालत में हुई। बता दें की तिलमापुर के रहने वाले नागेश्वर मिश्रा ने कोर्ट में राहुल गांधी द्वारा अमेरिका में दिए गए बयान को भड़काऊ बताते हुए मुकदमा दर्ज करने की मांग की थी। कोर्ट ने 6 जून दी सुनवाई की तारीख, आ सकता है फैसला सिख समुदाय पर अमेरिका में टिप्पणी करने के बाद राहुल गांधी की दुश्वारियां कम होने का नाम नहीं ले रहीं। हाईक्रोट से जहटके के बाद अब वाराणसी कोर्ट ने भी इस मामले में सुनवाई पूरी कर ली है। 6 जून को अगली सुनवाई में इसपर फैसला आ सकता है। कोर्ट ने सुनवाई के दौरान उनके अधिवक्ता को उपस्थित होने के लिए उनको नोटिस भेजी थी पर उनके अधिवक्ता उपस्थित नहीं हो सके जिसके बाद कोर्ट ने फैसला सुरक्षित कर लिया है। सितंबर 2024 में दिया था बयान सितंबर 2024 में राहुल गांधी द्वारा अमेरिका में सिख समुदाय को लेकर की गयी टिप्पणी पर वाराणसी के सारनाथ थानाक्षेत्र के तिलमापुर के रहने वाले पूर्व प्रधान नागेश्वर मिश्रा ने एक परिवाद दाखिल किया था। उन्होंने राहुल गांधी के इस कृत्य को अक्षम्य बताते हुए उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज किये जाने की मांग की थी। अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (चतुर्थ) एमपी-एमएलए नीरज कुमार त्रिपाठी ने 28 नवंबर 2024 को इस प्रार्थना पत्र को निरस्त कर दिया था। जिला जज की अदालत में दर्ज की थी पुनरीक्षण याचिका इस आदेश के खिलाफ नागेश्वर मिश्र ने जिला जज की अदालत में पुनरीक्षण याचिका दायर की। विशेष न्यायाधीश (एमपी-एमएलए) यजुवेंद्र विक्रम सिंह ने सुनवाई बाद 21 जुलाई 2025 को पुनरीक्षण याचिका मंजूर कर ली और प्रार्थना पत्र पर फिर से सुनवाई करने का अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (चतुर्थ) एमपी-एमएलए को आदेश दिया। इलाहाबाद हाईकोर्ट से भी लग चुका है झटका पुनरीक्षण याचिका मंजूर होने से असंतुष्ट कांग्रेस सांसद राहुल गांधी द्वारा 26 अगस्त 2025 को इलाहाबाद हाईकोर्ट में चुनौती दी गई।इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सुनवाई बाद 26 सितंबर 2025 को राहुल गांधी की याचिका को निरस्त कर दिया। तत्पश्चात् इस लंबित प्रार्थना पत्र पर अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट चतुर्थ (एमपी-एमएलए) की अदालत में फिर से सुनवाई हुई थी।
अयोध्या के शारदा नहर में शव मिला:24 घंटे बाद भी पहचान नहीं हो पाई, पुलिस जांच में जुटी
अयोध्या जिले की रुदौली कोतवाली क्षेत्र से गुजर रही शारदा सहायक नहर में एक अज्ञात युवक का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। स्थानीय लोगों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को नहर से बाहर निकाला और कब्जे में लिया। हालांकि, घटना के 24 घंटे बाद भी मृतक की पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम, डीएनए परीक्षण और अन्य विधिक कार्रवाई के लिए मर्चरी हाउस भेज दिया है। जानकारी के अनुसार, रुदौली क्षेत्र स्थित ज्ञानदीप मॉडर्न स्कूल डेहवा जसमड़, मजरे बाबू कल्याण सिंह वार्ड के सामने बनी नहर पुलिया के दूसरे खंभे के पास लोगों ने पानी में एक शव को पेट के बल पड़ा देखा। शव दिखाई देते ही मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई और ग्रामीणों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही एसआई देवेंद्र त्रिपाठी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने स्थानीय लोगों की सहायता से शव को नहर से बाहर निकलवाया। पुलिस के अनुसार, शव करीब 15 से 20 दिन पुराना प्रतीत हो रहा है। मृतक की उम्र लगभग 25 वर्ष आंकी गई है। युवक ने सफेद रंग की सैंडो बनियान पहन रखी थी और उसके गले में लाल रंग का धागा बंधा हुआ था। शव काफी खराब अवस्था में होने के कारण पहचान कर पाना मुश्किल हो रहा है। पुलिस ने आसपास के गांवों और स्थानीय लोगों से शव की पहचान कराने का प्रयास किया, लेकिन कोई सफलता नहीं मिली। प्रभारी निरीक्षक संजय मौर्य ने बताया कि शव को मर्चरी हाउस में सुरक्षित रखवाया गया है। आसपास के जिलों के थानों में सोशल मीडिया के माध्यम से शव की तस्वीरें भेजी गई हैं, ताकि मृतक की पहचान जल्द हो सके। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का स्पष्ट पता चल पाएगा।
अलीगढ़ में बाइक चोरी कर भागते समय दो युवक गिरे:घायल, एक गिरफ्तार; भीड़ ने दौड़ाकर पकड़ा
अलीगढ़ के बन्नादेवी थाना क्षेत्र में शनिवार रात बाइक चोरी कर भाग रहे 2 युवक जीटी रोड पर दुर्घटनाग्रस्त हो गए। पुलिस ने दोनों घायलों को अस्पताल भेज दिया है। सारसौल निवासी अमित कुमार ने बताया कि वे सारसौल चौराहे स्थित राजू फैमिली रेस्टोरेंट में खाना खा रहे थे। उनके बड़े भाई की मोटरसाइकिल होटल के बाहर खड़ी थी, जिसे दो युवक चोरी कर ले गए। अमित कुमार ने घटना देखी और तुरंत उनका पीछा किया। चोरी की बाइक लेकर भाग रहे दोनों युवक जीटी रोड पर टीवीएस शोरूम के सामने अनियंत्रित होकर गिर गए और दुर्घटनाग्रस्त हो गए। इस हादसे में एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया, जबकि दूसरा भी चोटिल हुआ। पीछा कर पहुंचे अमित कुमार ने एक आरोपी को मौके पर पकड़ लिया। आरोपियों से मारपीटहादसे के बाद मौके पर भीड़ जमा हो गई और लोगों ने आरोपियों से मारपीट की। अमित कुमार ने बताया कि उनकी बाइक बरामद हो गई है, लेकिन वह दुर्घटना में क्षतिग्रस्त हो गई। स्थानीय लोगों के अनुसार, दोनों आरोपी दिल्ली के रहने वाले बताए जा रहे हैं। पुलिस जांच में जुटी बन्नादेवी थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घायलों को अस्पताल भेजा और जांच शुरू कर दी है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि दोनों किसी वाहन चोरी गिरोह से जुड़े हैं या नहीं।
विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में रविवार तड़के भस्म आरती के दौरान सुबह चार बजे मंदिर के पट खुलते ही पंडे-पुजारियों ने गर्भगृह में स्थापित सभी देवी-देवताओं का पूजन किया। इसके बाद भगवान महाकाल का जलाभिषेक कर दूध, दही, घी, शक्कर और फलों के रस से बने पंचामृत से पूजन-अर्चन किया गया। भगवान महाकाल को त्रिशूल, त्रिपुंड और डमरू के साथ भांग अर्पित कर विशेष श्रृंगार किया गया। हरि ओम का जल अर्पित करने और कपूर आरती के बाद भगवान का श्रृंगार पूर्ण होने पर ज्योतिर्लिंग को वस्त्र से ढंककर भस्म रमाई गई। भस्म अर्पित करने के पश्चात भगवान महाकाल को शेषनाग का रजत मुकुट, रजत की मुंडमाला और रुद्राक्ष की माला पहनाई गई। साथ ही मोगरा और गुलाब के सुगंधित पुष्पों से बनी आकर्षक मालाएं अर्पित की गईं। फल और मिष्ठान का भोग भी लगाया गया। भस्म आरती में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए और बाबा महाकाल का आशीर्वाद प्राप्त किया। महानिर्वाणी अखाड़ा की ओर से भगवान महाकाल को भस्म अर्पित की गई। मान्यता है कि भस्म अर्पित होने के बाद भगवान महाकाल निराकार से साकार रूप में भक्तों को दर्शन देते हैं।
चंडीगढ़ प्रशासन ने साफ कर दिया है कि शहर के मास्टर प्लान में किसी भी तरह के विकास कार्य के लिए उसकी ऐतिहासिक और वास्तु विरासत से समझौता नहीं किया जाएगा। प्रशासन का कहना है कि चंडीगढ़ मास्टर प्लान-2031 (CMP-2031) में प्रस्तावित बदलावों के दौरान हेरिटेज संरक्षण और इंफ्रास्ट्रक्चर तैयारियों को सबसे अधिक प्राथमिकता दी गई है। यूटी प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार सुप्रीम कोर्ट द्वारा संरक्षित चंडीगढ़ के हेरिटेज सेक्टरों की मूल पहचान को किसी भी हालत में नहीं बदला जाएगा। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि फेज-1 के सेक्टरों में लो-राइज और प्लॉट आधारित विकास की मौजूदा व्यवस्था जारी रहेगी। यहां किसी भी परिस्थिति में अतिरिक्त ऊंचाई की अनुमति नहीं दी जाएगी। प्रशासन का कहना है कि शहर के मूल आर्किटेक्चरल कंट्रोल और जोनिंग नियमों का पूरी तरह पालन किया जाएगा, जैसा कि चंडीगढ़ के शुरुआती योजनाकारों ने तय किया था। फेज-3 के विकास पर रहेगा फोकस प्रस्तावित संशोधन मुख्य रूप से फेज-3 के उन क्षेत्रों पर केंद्रित हैं, जहां अभी विकास होना बाकी है। अधिकारियों के मुताबिक शहर के कोर एरिया और हेरिटेज सेक्टरों को पूरी तरह सुरक्षित रखते हुए भविष्य की जरूरतों के अनुसार नई योजना तैयार की जा रही है। प्रशासन का कहना है कि ये बदलाव चंडीगढ़ के तीन चरणों वाले विकास मॉडल को ध्यान में रखकर किए जा रहे हैं। इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार होने के बाद ही मिलेगा विस्तार यूटी प्रशासन के अधिकारियों ने बताया कि टाउन प्लानिंग विंग ने प्रस्तावित संशोधनों में सख्त हेरिटेज सुरक्षा नियम और “इंफ्रास्ट्रक्चर-फर्स्ट” शर्तें शामिल की हैं। यानी किसी भी नए विकास या विस्तार से पहले जरूरी बुनियादी सुविधाओं और इंफ्रास्ट्रक्चर की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी। हेरिटेज पहचान बनाए रखने पर जोर चंडीगढ़ को देश का पहला योजनाबद्ध शहर माना जाता है और इसकी वास्तुकला को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली हुई है। ऐसे में प्रशासन शहर की मूल पहचान और सौंदर्य को बरकरार रखने पर विशेष जोर दे रहा है।
सरयू नदी में डूबे किशोरों में से एक का शव:देवरिया में दूसरे की तलाश जारी, पैना गांव के पास मिला शव
देवरिया जिले के बरहज थाना क्षेत्र में सरयू नदी में स्नान के दौरान डूबे दो किशोरों में से एक का शव शनिवार को बरामद कर लिया गया। यह शव पैना गांव के निकट नदी किनारे उतराया मिला। दूसरे किशोर की तलाश अब भी जारी है। मृत किशोर की पहचान जयनगर निवासी अर्पित राजभर (11) पुत्र पवन राजभर के रूप में हुई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। वहीं, दूसरे किशोर अमन राजभर (12) पुत्र बबलू राजभर की तलाश के लिए एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और स्थानीय गोताखोर लगातार अभियान चला रहे हैं। जानकारी के अनुसार, जयनगर निवासी तीन दोस्त शुक्रवार दोपहर निर्माणाधीन मोहन सेतु के पास सरयू नदी में स्नान करने गए थे। करीब तीन बजे अर्पित राजभर, अमन राजभर और सुधीर राजभर (14) पुत्र सोमनाथ राजभर नदी में स्नान कर रहे थे। इसी दौरान उनका पैर फिसल गया और वे गहरे पानी में चले गए। गहराई अधिक होने के कारण तीनों किशोर डूबने लगे और मदद के लिए शोर मचाने लगे। आवाज सुनकर आसपास खेतों में काम कर रहे किसान और नाविक मौके की ओर दौड़े। स्थानीय लोगों ने किसी तरह सुधीर राजभर को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, लेकिन अर्पित और अमन नदी की तेज धारा में बह गए। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। शनिवार सुबह से ही मोहन सेतु से लेकर लगभग छह किलोमीटर दूर पैना क्षेत्र तक एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और गोताखोरों की टीम सर्च अभियान चलाती रही। शाम करीब छह बजे रेस्क्यू टीम को पैना के पास नदी किनारे एक शव उतराता दिखाई दिया। शव मिलने की सूचना पर उपजिलाधिकारी हरिशंकर लाल, क्षेत्राधिकारी राजेश चतुर्वेदी, तहसीलदार अरुण कुमार और थानाध्यक्ष विशाल उपाध्याय मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव की शिनाख्त कराने के बाद उसे कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
कानपुर देहात के झींझक नगर पालिका क्षेत्र स्थित कांशीराम कॉलोनी में शनिवार देर रात बिजली आपूर्ति के लिए लगे ट्रांसफार्मर में अचानक आग लग गई। आग की ऊंची लपटें उठने से इलाके में अफरा-तफरी मच गई। घटना के दौरान कॉलोनी के लोगों ने ट्रांसफार्मर में लगी आग का वीडियो बना लिया, जो रविवार सुबह सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो में ट्रांसफार्मर से तेज लपटें निकलती दिखाई दे रही हैं। विभाग ने बंद की बिजली सप्लाई आग लगने के बाद स्थानीय लोगों ने तुरंत विद्युत विभाग को सूचना दी। इसके बाद एहतियातन इलाके की बिजली आपूर्ति बंद कर दी गई। मौके पर पहुंचे विभागीय कर्मचारियों ने स्थिति का जायजा लेकर ट्रांसफार्मर की जांच शुरू की। प्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट को आग लगने की वजह माना जा रहा है। बिजली व्यवस्था सुधारने की मांग की स्थानीय निवासियों का कहना है कि क्षेत्र में पहले से ही बिजली आपूर्ति की समस्या बनी हुई है। ट्रांसफार्मर जलने से परेशानी और बढ़ गई। लोगों ने विद्युत विभाग से स्थायी समाधान कर निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग की है। मरम्मत के बाद बहाल हुई सप्लाई विद्युत विभाग के कर्मचारियों के अनुसार, आग लगने के वास्तविक कारणों की जांच की जा रही है। फिलहाल आवश्यक मरम्मत कार्य के बाद क्षेत्र की बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई है।
मुजफ्फरपुर में ज्वेलर्स से 3 लाख की लूट हुई है। हथियारबंद अपराधियों ने वारदात को अंजाम दिया है। पीड़ित की पहचान धीरज कुमार के रूप में हुई है, जो शेरुकाही चौक स्थित 'पारसनाथ ज्वेलर्स' के मालिक हैं। घटना पानापुर करियात थाना क्षेत्र की है। धीरज ने बताया कि शनिवार देर रात दुकान बंद कर हरिदासपुर स्कूल रोड से अपने घर मनपुरा जा रहे थे। रास्ते में पहले से घात लगाए अज्ञात बाइक सवार अपराधियों ने उन्हें रोका। हथियार दिखाकर डराया और उनके पास मौजूद सोने-चांदी के आभूषणों से भरा बैग छीन लिया। इसके बाद गन दिखाते हुए फरार हो गए। सीसीटीवी खंगाल रही पुलिस सूचना मिलते ही स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई। पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंची। पीड़ित व्यवसायी से घटना की जानकारी ली। अपराधियों की धरपकड़ के लिए नाकेबंदी शुरू कर दी गई है। अपराधियों का सुराग लगाने के लिए आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है। डीएसपी पश्चिमी सुचित्रा कुमारी ने बताया कि पुलिस मामले को गंभीरता से ले रही है। अपराधियों की पहचान के लिए तकनीकी सेल की मदद भी ली जा रही है। जल्द ही इस मामले का खुलासा कर अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में युवक ने शादी का झांसा देकर युवती से रेप किया। वह पिछले 9 सालों से शारीरिक संबंध बनाता रहा और बाद में शादी से इनकार कर दिया। ऐसे में पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। मामला तमनार थाना क्षेत्र का है। जानकारी के मुताबिक तमनार क्षेत्र में रहने वाले 27 साल की पीड़िता ने शुक्रवार थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। उसने बताया कि गांव के ही रहने वाले दीपक एक्का (31) से उसकी जान पहचान हुई थी। साल 2017 में दीपक ने युवती को प्रेम प्रस्ताव देकर शादी करने का वादा किया, जिसके बाद दोनों के बीच लगातार बातचीत होने लगी। इसी दौरान फरवरी 2017 में, जब युवती के माता-पिता घर पर नहीं थे, तब दीपक उसके घर पहुंचा। साल 2017 में दीपक ने प्रेम प्रस्ताव रखकर शादी करने का वादा किया, जिसके बाद दोनों के बीच लगातार बातचीत होती थी। इसके बाद साल 2017 के फरवरी माह में जब युवती के घर में उसके माता-पिता नहीं थे। शादी की बात पर करता रहा टालमटोल दीपक उसके घर पहुंचा और पहली बार शारीरिक संबंध बनाया। इसके बाद आरोपी लगातार शादी करने का झांसा देकर कई बार शारीरिक संबंध बनाता रहा। कई बार युवती ने शादी की बात कही, लेकिन वह टालमटोल करते रहा। कुछ माह पहले जब पीड़िता की ओर से दीपक पर शादी करने का दबाव बनाया, तो आरोपी ने उसे अपने साथ रखने और शादी से साफ इनकार कर दिया। आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया इस पूरे मामले में पुलिस ने धारा 69 BNS के तहत मामला दर्ज कर आरोपी को गांव से हिरासत में लिया। पूछताछ में उसने जुर्म स्वीकार किया, जिसके बाद शनिवार को उसे कोर्ट में पेश किया गया। जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। लगातार आरोपी पर कार्रवाई की जाएगी SSP शशि मोहन सिंह ने बताया कि महिला संबंधी अपराधों में रायगढ़ पुलिस पूरी संवेदनशीलता और गंभीरता से कार्य कर रही है।महिलाओं की सुरक्षा से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जाएगी। शादी का झांसा देखकर दुष्कर्म करने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है।
अमेठी में सड़क हादसे में युवक की मौत:तेज रफ्तार बाइक डिवाइडर से टकराई, दो घायल, एक लखनऊ रेफर
अमेठी में देर रात हुए एक सड़क हादसे में एक युवक की मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को इलाज के लिए लखनऊ रेफर किया गया है। यह घटना मुसाफिरखाना कोतवाली क्षेत्र के गुन्नौर मोड़ के पास हुई। जानकारी के अनुसार, मुसाफिरखाना कोतवाली क्षेत्र के वार्ड नंबर 3 निवासी शाहबाज (27), गुलाबचंद (45) और राजा (22) पैशन प्रो बाइक (यूपी 44 एडी 1883) से मुसाफिरखाना से लखनऊ की ओर जा रहे थे। गुन्नौर मोड़ के पास उनकी तेज रफ्तार बाइक अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक उछलकर सड़क किनारे लगे बिजली के खंभे से जा भिड़ी। इस हादसे में शाहबाज और गुलाबचंद को सिर व शरीर में गंभीर चोटें आईं, जबकि राजा को मामूली चोटें आईं। राहगीरों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने एंबुलेंस की मदद से घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) मुसाफिरखाना पहुंचाया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने शाहबाज और गुलाबचंद की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें लखनऊ ट्रामा सेंटर रेफर कर दिया। लखनऊ ले जाते समय रास्ते में शाहबाज पुत्र बब्बू की मौत हो गई। वहीं, गुलाबचंद का इलाज लखनऊ में जारी है। घटना के बाद परिजन शाहबाज का शव घर ले आए। सूचना मिलने पर मुसाफिरखाना पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचायतनामा की कार्रवाई पूरी की और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
भीलवाड़ा के मांडल थाना क्षेत्र स्थित कंचन प्रोसेस हाउस कपड़ा फैक्ट्री में काम के दौरान एक श्रमिक की तबीयत बिगड़ने के बाद मौत हो गई। घटना के बाद शनिवार रात मृतक के परिजनों और श्रमिकों ने मांडल उपजिला हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी और फैक्ट्री के बाहर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी मामले में उचित कार्रवाई और मुआवजे की मांग कर रहे थे। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और देर रात समझाइश के बाद सहमति बनने पर प्रदर्शन समाप्त हुआ। काम के दौरान बिगड़ी तबीयत मामला मांडल थाना क्षेत्र स्थित कंचन प्रोसेस हाउस का है। यहां दौलतगढ़ निवासी डालचंद (54) पुत्र दल्ला राम रैगर फैक्ट्री में काम कर रहे थे। इसी दौरान उनकी तबीयत बिगड़ गई। इसके बाद उन्हें तुरंत मांडल उपजिला हॉस्पिटल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। फैक्ट्री और मॉर्च्युरी के बाहर जुटे श्रमिक घटना की जानकारी मिलने के बाद बड़ी संख्या में श्रमिक और परिजन फैक्ट्री के बाहर एकत्र हो गए। इसके बाद मांडल उपजिला हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी के बाहर भी प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शनकारियों ने मामले की निष्पक्ष जांच और मृतक परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग उठाई। प्रदर्शन कर रहे लोगों ने कहा कि जब तक मामले में निष्पक्ष जांच नहीं होगी, तब तक शव नहीं उठाया जाएगा और आंदोलन जारी रहेगा। पुलिस पहुंची, देर रात बनी सहमति सूचना मिलने पर मांडल पुलिस मौके पर पहुंची। स्थिति को देखते हुए पुलिस जाब्ता तैनात किया गया। पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों और परिजनों से बातचीत कर समझाइश की। देर रात परिजनों और प्रोसेस मालिक के बीच सहमति बनने के बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ। इसके बाद पुलिस ने रविवार को पोस्टमॉर्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया। मृतक के परिवार में चार बेटियां और एक बेटा मृतक डालचंद के परिवार में चार बेटियां और एक बेटा है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
शेखपुरा में शनिवार की देर शाम पुल के डिवाइडर से बाइक टकरा गई। हादसे में 17 वर्षीय छात्र की मौत हो गई। घटना अरियरी थाना क्षेत्र के हुसैनाबाद के पास शेखपुरा-महुली पथ पर कौड़ीहारी नदी पुल पर हुई। मृतक की पहचान विद्यापुर गांव निवासी बिजेंद्र रविदास का बेटा सचिन कुमार के रूप में हुई है। बिजेंद्र रविदास दिल्ली में मजदूरी करते हैं और पूरा परिवार वहीं रहता है। सचिन एक दिन पहले शुक्रवार को ही अपने परिवार के साथ गर्मी की छुट्टियां मनाने अपने पैतृक गांव आया था। बाइक लेकर निकला था घूमने शनिवार शाम सचिन बाइक लेकर घर से बाहर घूमने निकला था। कुछ देर बाद परिवार को हादसे की सूचना मिली। ग्रामीणों और स्थानीय लोगों की मदद से उसे तुरंत शेखपुरा सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया। सदर अस्पताल में सचिन की हालत गंभीर देखते हुए उसे हायर सेंटर पीएमसीएच पटना रेफर कर दिया गया। हालांकि, पटना ले जाने के दौरान किशोर ने नालंदा के सरमेरा के पास दम तोड़ दिया। बिजेंद्र रविदास ने बताया कि सचिन उनके दो बेटों में बड़ा था और दिल्ली के एक सरकारी स्कूल में 10वीं कक्षा का छात्र था। इस घटना से परिवार और गांव में शोक का माहौल है।
दतिया में भीषण गर्मी के बीच शहर में पेयजल संकट गहरा गया है। अंगूरी बैराज पंप हाउस से होने वाली पानी की सप्लाई अचानक बंद हो जाने से शहर की करीब 80 से 85 फीसदी आबादी प्रभावित हुई है। शनिवार सुबह कई इलाकों में नलों से पानी नहीं पहुंचा तो लोगों को पानी के लिए भटकना पड़ा। मोहल्लों में हैंडपंपों और निजी जलस्रोतों पर भीड़ लगी रही। वहीं रविवार 24 मई को भी बिजली सप्लाई ठप होने की वजह से पानी नहीं आएगा। कई परिवारों को पीने और घरेलू उपयोग के लिए पानी जुटाने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। 11 केवी केबल में आग लगने से ठप हुई जलापूर्ति नगर पालिका परिषद द्वारा जारी सूचना के अनुसार, अंगूरी बैराज पंप हाउस पर मध्यप्रदेश विद्युत मंडल की 11 केवी लाइन की मुख्य विद्युत सप्लाई केबल भीषण गर्मी के कारण आग लगने से जल गई। इस कारण आज भी पानी की सप्लाई प्रभावित रहेगी। इसके चलते पंप हाउस की मोटरें बंद हो गईं और बैराज से फिल्टर प्लांट तक पानी नहीं पहुंच सका। पानी का प्रवाह रुकने से पूरे शहर की पेयजल आपूर्ति प्रभावित हो गई। नगर पालिका ने जारी किया अलर्ट नगर पालिका ने बताया है कि इस तकनीकी खराबी के कारण 24 मई को शहर की जलापूर्ति प्रभावित रहेगी। विभाग द्वारा केबल सुधार और बिजली व्यवस्था बहाल करने के प्रयास किए जा रहे हैं, लेकिन तब तक लोगों को परेशानी झेलनी पड़ सकती है। हैंडपंपों और निजी जलस्रोतों पर लगी भीड़ जल संकट का असर शहर के कई वार्डों में साफ दिखाई दिया। वार्ड क्रमांक 31 के भांडेर रोड क्षेत्र में रहने वाले लोगों ने बताया कि उन्हें दो दिनों से टैंकर के माध्यम से भी पर्याप्त पानी नहीं मिल पाया। हालात ऐसे बन गए कि कई परिवारों को पानी भरने के लिए लगभग एक किलोमीटर दूर मोहना हनुमान मंदिर क्षेत्र तक जाना पड़ा। महिलाएं, बुजुर्ग और बच्चे बर्तनों व डिब्बों में पानी भरकर घर ले जाते नजर आए। शहर में पिछले कुछ दिनों से तापमान 44 से 45 डिग्री सेल्सियस के बीच बना हुआ है। ऐसे में पानी की मांग पहले से कहीं अधिक बढ़ गई है। गर्मी के इस दौर में जलापूर्ति ठप होने से लोगों की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। नागरिक बोले- पहले से होनी चाहिए थी वैकल्पिक व्यवस्था नागरिकों का कहना है कि गर्मी के मौसम में वैकल्पिक व्यवस्था पहले से तैयार रखनी चाहिए थी, ताकि अचानक सप्लाई बाधित होने पर लोगों को संकट का सामना न करना पड़े।
धौलपुर रेलवे स्टेशन पर बड़ा हादसा टला:कोयले से भरी मालगाड़ी के डिब्बे में उठा धुआं
धौलपुर रेलवे स्टेशन पर रविवार को एक बड़ा हादसा टल गया। झांसी से दिल्ली की ओर जा रही कोयले से भरी एक मालगाड़ी के डिब्बे से अचानक धुआं निकलने लगा। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार भीषण गर्मी के कारण डिब्बे में भरा कोयला सुलगने लगा था। मालगाड़ी में तैनात गार्ड को जलने की बदबू महसूस हुई, जिसके बाद उन्होंने तुरंत धौलपुर रेलवे स्टेशन मास्टर को सूचना दी। रेलवे प्रशासन ने अलर्ट होकर एहतियात के तौर पर मालगाड़ी को धौलपुर रेलवे स्टेशन पर रुकवा लिया। कोयले पर पानी डालकर स्थिति को काबू में कियासूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। उन्होंने सुलग रहे कोयले पर पानी डालकर स्थिति को नियंत्रित किया। समय रहते की गई इस कार्रवाई से एक बड़ा हादसा टल गया और आग को फैलने से पहले ही बुझा दिया गया। कोतवाली थाना पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंची। हेड कॉन्स्टेबल सुरेंद्र शर्मा ने अपनी टीम के साथ सुरक्षा व्यवस्था संभाली। घटना के दौरान स्टेशन पर कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल रहा, लेकिन किसी प्रकार के जानमाल के नुकसान की कोई सूचना नहीं है। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, भीषण गर्मी के कारण कोयले में अंदरूनी सुलगन की संभावना रहती है। फिलहाल स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और मालगाड़ी को आवश्यक जांच के बाद आगे के लिए रवाना करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
टीकमगढ़ में ट्रांसफार्मर बॉक्स में आग:बिजली लोड बढ़ने से भड़की चिंगारी; कई इलाकों में आपूर्ति बाधित
टीकमगढ़ के जेल रोड में शनिवार देर रात ट्रांसफार्मर के नीचे बॉक्स में आग लग गई। स्थानीय लोगों ने तत्काल बिजली कंपनी के कर्मचारियों और दमकल टीम को सूचना दी। बिजली कर्मचारियों ने तुरंत आपूर्ति बंद की, जिसके बाद दमकल टीम ने आग पर काबू पाया। दरअसल, भीषण गर्मी के कारण बिजली का लोड काफी बढ़ गया है। दिन और रात का तापमान 30-31 डिग्री के बीच बना हुआ है। गर्मी से राहत पाने के लिए घरों में 24 घंटे कूलर, पंखे और एयर कंडीशनर चल रहे हैं, जिससे बिजली की खपत और लोड में वृद्धि हुई है। कॉलोनी में बिजली आपूर्ति ठप हो गई जेल रोड पर मुख्य डाकघर के सामने लगे ट्रांसफार्मर के नीचे बॉक्स में आग लगी। इस घटना से पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। डाकघर के पीछे बनी कॉलोनी, बैंक कॉलोनी और जेल के सामने वाली कॉलोनी में बिजली आपूर्ति ठप हो गई, जिससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। आग बुझाने के बाद विद्युत कर्मचारी मौके पर पहुंचे और मरम्मत का काम शुरू किया। सुधार कार्य देर रात करीब 1 बजे तक चला, जिसके बाद बिजली की आपूर्ति बहाल कर दी गई। बिजली कंपनी के शहर इंचार्ज नितिन बाथम ने बताया कि सभी इलाकों में बिजली की खपत क्षमता से दोगुनी हो रही है, जिसके कारण ऐसी समस्याएं सामने आ रही हैं।
जालंधर में इंटर रिलीजन (दूसरे धर्म में) शादी करने वाला एक जोड़ा रोड पर भटक रहा है। गांधी कैंप के रहने वाले इस जोड़े ने परेशानी में और रोते हुए इंस्टा पर अपना वीडियो शेयर किया है। युवक ने बताया कि वह गांधी कैंप का रहने वाला है। वह ब्राह्मण परिवार में पैदा हुआ और महीना पहले मुस्लिम लड़की से शादी की है।उसकी शादी से उसके पारिवार वाले इतना नाराज हो गए कि उनको घर से बाहर निकाल दिया है। युवक ने दावा किया कि उसने पुलिस को 112 पर कॉल किया लेकिन कोई मदद नहीं की गई।दूसरे धर्म में शादी की कीमत उनको सड़कों पर भूखे-प्यासे भटक कर चुकानी पड़ रही है। युवक ने कहा कि मुस्लिम लड़की से शादी करने पर उसके परिवार ने घर से बेदखल भी कर दिया है।युवक का आरोप है कि न्याय की गुहार लगाने पर पुलिस प्रशासन भी उसे प्रताड़ित कर रहा है और उल्टा पर्चा दर्ज करने के लिए धमकाया जा रहा है। पीड़ित जोड़े ने वीडियो में दावा किया कि उनकी जान को भी खतरा है। उन्होंने मांग की कि पुलिस के आला अधिकारी इस मामले में उनकी मदद करे और सुरक्षा प्रदान करें। युवक ने वीडियो में बताई अहम बातें…
नर्मदापुरम जिले के सोहागपुर वन क्षेत्र के घने जंगलों में शराब की खाली बोतलों, बीयर कैन और प्लास्टिक कचरे का बड़ा अंबार लगा हुआ है। रैनीपानी से मंगरिया के बीच मुख्य सड़क से महज 50 कदम की दूरी पर यह कचरा फेंका जा रहा है। हैरानी की बात यह है कि इस क्षेत्र के 15 किमी के दायरे में कोई ढाबा, होटल या शराब की दुकान नहीं है, बल्कि केवल रसूखदारों के महंगे और लग्जरी रिसॉर्ट्स स्थित हैं। यह कचरा वन्यजीवों और जंगल के पूरे इको-सिस्टम के लिए एक गंभीर खतरा बन गया है। करीब 2000 स्क्वायर फीट के क्षेत्र में शराब और बीयर की खाली बोतलों के 3 से 4 बड़े ढेर लगे हुए हैं। इसे देखकर साफ पता चलता है कि यह कचरा लंबे समय से यहां फेंका जा रहा है, लेकिन वन विभाग इस पूरे मामले से बेखबर है। मंगरिया पंचायत के स्थानीय ग्रामीणों का आरोप है कि वन विभाग गश्त नहीं करता और इस ओर बिल्कुल ध्यान नहीं दे रहा है। एसटीआर बफर जोन से सटा है इलाकाजिस जगह पर यह कचरा डंप किया जा रहा है, वह सामान्य वन मंडल क्षेत्र में आता है। सबसे चिंताजनक बात यह है कि इससे कुछ किलोमीटर की दूरी पर ही सतपुड़ा टाइगर रिजर्व (STR) का बफर क्षेत्र शुरू हो जाता है। इस इलाके में अक्सर टाइगर, तेंदुआ, सांभर और हिरण जैसे कई वन्य प्राणी विचरण करते देखे जाते हैं। वन्यजीवों की जान और जंगल में आग का खतरासूखे पत्तों के बीच पड़ी ये कांच की टूटी बोतलें और टिन के कैन वन्य प्राणियों के पैरों में चुभ सकते हैं। प्लास्टिक खाने से उनकी मौत भी हो सकती है। इसके अलावा, भीषण गर्मी में सूखे पत्तों पर पड़ी कांच की बोतलें लेंस का काम करती हैं, जिससे जंगल में आग लगने (दावानल) का खतरा काफी बढ़ जाता है। बारिश होने पर यही कचरा बहकर नदी-नालों में जाएगा और वन्यजीवों का पीने का पानी भी दूषित करेगा। रेंजर बोले- मुझे जानकारी नहीं, कार्रवाई करेंगेसोहागपुर रेंजर सुमित पांडे ने इस मामले पर अनभिज्ञता जताते हुए कहा, आपके माध्यम से मामला मेरे संज्ञान में आया है। मैं स्टाफ भेजकर इसे दिखवाता हूं। जंगल में शराब और बीयर की खाली बोतलें किसने फेंकी हैं, इसकी जानकारी जुटाई जाएगी और कचरा फेंकने वाले के खिलाफ सख्त एक्शन लिया जाएगा। जंगल में कचरा फेंकना वन्य प्राणी और जंगल दोनों के लिए खतरा है। बता दें कि वन संरक्षण अधिनियम के तहत आरक्षित वन क्षेत्र में कचरा फेंकने पर जुर्माने और सजा का स्पष्ट प्रावधान है।
समस्तीपुर में ज्वेलर्स से लूट हुई है। देर रात बदमाशों हथियार के बल पर 10 लाख के गहने लूट लिए। विरोध करने पर मारपीट भी की गई। वारदात को अंजाम देने के बाद बाइक सवार 3 बदमाश रघुनाथपुर की ओर फरार हो गए। घटना वारिसनगर थाना क्षेत्र के रघुनाथपुर-किसनपुर मार्ग की है। रामपुर विशुन गांव निवासी पीड़ित दुकानदार आदर्श कुमार ने बताया कि रोज की दुकान बंद करके घर लौट रहा था। रघुनाथपुर चौक से ही कुछ लोग पीछा कर रहे थे। नर्सरी के पास मुझे रोक दिया। हथियार दिखाकर पहले डराया-धमकाया। फिर सोने-चांदी के गहने लूट लिया। विरोध करने पर जान से मारने का भी प्रयास किया। मेरा सिर फोड़ दिया। जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। सीसीटीवी खंगाला जा रहा वहीं, जानकारी मिलने के बाद सदर एसडीपीओ-2 संजय कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम लगातार छापेमारी कर रही है। पुलिस ने संदेह के आधार पर कुछ लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की है। आसपास के सीसीटीवी फुटेज को खंगाला जा रहा है। स्थानीय लोगों ने क्षेत्र में बढ़ते अपराध पर चिंता जताते हुए पुलिस गश्ती बढ़ाने की मांग की है।
राजस्थान हाईकोर्ट की जोधपुर मुख्यपीठ ने एक बेहद संवेदनशील मामले में 16 साल की नाबालिग रेप पीड़िता को 27 सप्ताह 4 दिन (करीब 7 माह) के गर्भ को समाप्त करने की अनुमति दे दी है। जस्टिस मुकेश राजपुरोहित की एकल पीठ ने पीड़िता के शारीरिक, मानसिक और संवैधानिक अधिकारों को सर्वोपरि मानते हुए यह फैसला सुनाया है। कोर्ट के निर्देशों के तुरंत बाद जोधपुर कलेक्टर आलोक रंजन ने भी त्वरित कार्रवाई करते हुए सीएमएचओ को नोडल अधिकारी नियुक्त कर दिया और पीड़िता को सिरोही से जोधपुर शिफ्ट करने के लिए एम्बुलेंस रवाना कर दी। सिरोही जिले का मामला, अहम रही मेडिकल रिपोर्ट इस मामले में पीड़िता के दादा ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। सिरोही जिले के एक थाना क्षेत्र में नाबालिग के साथ हुए रेप और पॉक्सो के तहत मामला दर्ज किया गया था। जब तक परिवार को घटना और गर्भावस्था का पता चला, तब तक गर्भ 27 सप्ताह 4 दिन (करीब सात महीने) का हो चुका था। याचिका दायर होने पर कोर्ट ने पहले सिरोही और फिर डॉ. एस.एन. मेडिकल कॉलेज जोधपुर में एक एक्सपर्ट मेडिकल बोर्ड का गठन करवाया। मेडिकल बोर्ड ने अपनी रिपोर्ट में स्पष्ट किया कि पीड़िता को गंभीर एनीमिया है और गर्भावस्था उन्नत अवस्था में होने के कारण जोखिम अवश्य है, लेकिन विशेषज्ञ चिकित्सकों की निगरानी में गर्भ समापन किया जा सकता है। 'मजबूर करना अनुच्छेद-21 का उल्लंघन' याचिकाकर्ता की ओर से एडवोकेट सपना वैष्णव ने सुप्रीम कोर्ट के विभिन्न निर्णयों का हवाला देते हुए पैरवी की। उन्होंने तर्क दिया कि यह गर्भावस्था दुष्कर्म का परिणाम है। एक नाबालिग को इस अनचाहे गर्भ को धारण करने के लिए मजबूर करना उसकी शारीरिक स्वायत्तता, प्रजनन अधिकारों और गरिमा का सीधा हनन है। सुनवाई के दौरान जब नाबालिग पीड़ित से पूछा गया, तो उसने भी खुद अदालत के समक्ष इस गर्भ को समाप्त करने की स्पष्ट इच्छा व्यक्त की। राज्य सरकार की ओर से अतिरिक्त महाधिवक्ता के सहयोगी एडवोकेट शेरसिंह राठौड़ उपस्थित हुए। कोर्ट ने… मामले की गंभीरता को देखते हुए एस.एन. मेडिकल कॉलेज जोधपुर से संबद्ध 'हॉस्पिटल' को तत्काल मेडिकल टर्मिनेशन प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए। कोर्ट ने आदेश दिया कि इस पूरी प्रक्रिया में पीड़िता के इलाज, दवा, यात्रा और परिवार के रुकने व खाने-पीने का पूरा खर्च राज्य सरकार वहन करेगी। भविष्य की कानूनी कार्रवाई के लिए भ्रूण के डीएनए और फॉरेंसिक साक्ष्य सुरक्षित रखने के भी निर्देश दिए गए हैं। हाईकोर्ट के इस आदेश की पालना में जोधपुर कलेक्टर आलोक रंजन ने तत्काल प्रभाव से आदेश जारी करते हुए जोधपुर सीएमएचओ को नोडल अधिकारी नियुक्त कर दिया। उन्हें मेडिकल रिलीफ सोसायटी के माध्यम से सारा खर्च वहन करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके अलावा हाईकोर्ट ने पॉक्सो मामलों में गर्भावस्था परीक्षण और ऐसी मेडिकल प्रक्रिया में होने वाली 'सिस्टमैटिक देरी' पर गहरी चिंता व्यक्त की है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि भविष्य में ऐसे मामलों से निपटने के लिए एक स्पष्ट और समयबद्ध 'स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर' (SOP) की सख्त जरूरत है। एसओपी तय करने के बड़े मुद्दे पर अब जुलाई के पहले सप्ताह में फिर से सुनवाई होगी।
लुधियाना में मॉर्निंग वॉक पर निकले एक युवक से स्कूटी सवार 2 बदमाशों ने मोबाइल फोन लूट लिया। आरोपियों ने मोबाइल छीनने के बाद पीड़ित के गूगल पे अकाउंट से भी 4501 रुपये ट्रांसफर कर लिए। घटना थाना सलेम टाबरी इलाके की है। पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हीरो मैस्ट्रो स्कूटी पर आए लुटेरे पुलिस को दी शिकायत में अमलतास एन्क्लेव निवासी लेख राज ने बताया कि वह 23 मई को सुबह करीब 6 बजे अपने मोहल्ले में घूम रहा था। जब वह चीमा की कोठी टी-पॉइंट के पास पहुंचा तो हीरो मैस्ट्रो स्कूटी नंबर PB-10-EQ-7304 पर सवार 2 युवक उसके पास आए। आरोपियों ने उसे घेर लिया और उसका रेडमी नोट-9 मोबाइल छीनकर फरार हो गए। मामले की जांच के दौरान आरोपियों की पहचान इंद्रजीत सिंह निवासी केहर सिंह नगर, हैबोवाल और खुश मोहम्मद निवासी गांव बलोके, लुधियाना के रूप में हुई है। थाना सलेम टाबरी पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ BNS की धारा 304 और 303(2) के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। ट्रक वाले को घेर धारदार हथियार के बल पर लूटा इधर, दूसरे मामले में एक ट्रक चालक से लूटपाट का मामला सामने आया है। बाइक सवार बदमाश चालक को दातर दिखाकर उसकी जेब से हजारों रुपये छीनकर फरार हो गए। घटना थाना साहनेवाल इलाके की है। पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस को दी शिकायत में ऋषि नगर हम्बड़ा रोड निवासी गुलाब चंद ने बताया कि वह 21 मई को तड़के करीब 3:30 बजे अपनी गाड़ी लोड करके हैबोवाल से खन्ना जा रहा था। जब वह ढंडारी पुल के नजदीक मित्तल कांटा के पास पहुंचा तो उसने गाड़ी रोककर टायर और पानी चेक करना शुरू किया। इसी दौरान बाइक नंबर PB-10-JW-9979 पर सवार आरोपी वहां पहुंचे। आरोपियों ने उसे धारदार दातर दिखाकर डराया और उसकी कमीज की ऊपरी जेब से 4965 रुपये छीन लिए। वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। आरोपियों की तलाश में जुटी पुलिस जांच के दौरान आरोपियों की पहचान प्रेम गिरी निवासी शेरपुर, लुधियाना समेत पप्पी और छोट के रूप में हुई है। थाना साहनेवाल पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ BNS की धारा 304 और 3(5) के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
कटिहार में शनिवार देर रात तेज आंधी और बारिश ने भारी तबाही मचाई। रात करीब 8:30 बजे शुरू हुए तूफान के कारण 11,000 वोल्ट की मुख्य बिजली लाइन टूट गई, जिससे ट्रांसफार्मर और बिजली के खंभे चकनाचूर हो गए। मिर्चीबाड़ी चौक पर एक विशाल पेड़ गिरने से ऑटो रिक्शा क्षतिग्रस्त हो गया और मुख्य मार्ग पर यातायात ठप हो गया। तूफान का सबसे अधिक असर मिर्चीबाड़ी चौक पर देखा गया। सिटी मॉल के सामने 11,000 वोल्ट की मुख्य बिजली लाइन और ट्रांसफार्मर तेज हवा के कारण टूटकर गिर गए। इसके नीचे खड़ी एक बुलेट और एक स्कूटी बाइक क्षतिग्रस्त हो गई। गनीमत रही कि घटना के समय वहां कोई व्यक्ति मौजूद नहीं था, जिससे बड़ा हादसा टल गया। सड़क पर गिरा विशाल पेड़ मिर्चीबाड़ी चौक के निकट सड़क किनारे लगा एक विशाल पेड़ जड़ से उखड़कर मुख्य सड़क पर आ गिरा। इस दौरान एक ऑटो रिक्शा पेड़ की चपेट में आकर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। ऑटो चालक ने कूदकर अपनी जान बचाई। पेड़ गिरने से कटिहार-पूर्णिया मुख्य मार्ग पर यातायात पूरी तरह अवरुद्ध हो गया। ट्रांसफार्मर और 11,000 वोल्ट की बिजली लाइन टूटने के कारण मिर्चीबाड़ी, सहायक थाना क्षेत्र, एमजी रोड, बिनोदपुर, टीवी सेंटर मोहल्ला, पुलिस लाइन, मैथिल टोला, शिवपुरी, इंद्रपुरी, सिमर बागान, हृदय गंज, कोसी कॉलोनी और ऑफिसर्स कॉलोनी सहित शहर के आधे हिस्से में बिजली आपूर्ति ठप हो गई। देर रात से ही इन इलाकों में अंधेरा छाया हुआ है। नुकसान का किया जा रहा आकलन घटना की सूचना मिलते ही नगर निगम और बिजली विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं। जेसीबी की मदद से गिरे हुए पेड़ों को हटाने का काम शुरू कर दिया गया है। अनुमंडल पदाधिकारी (एसडीओ) ने बताया कि रात में ही टीमें भेज दी गई थीं और यातायात को वैकल्पिक मार्गों पर मोड़ दिया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि बिजली आपूर्ति बहाल करने में 6 से 8 घंटे का समय लग सकता है और नुकसान का आकलन किया जा रहा है। फिलहाल शहर के कई इलाकों में पेड़-खंभे गिरने की सूचना है। तेज हवा से कई घरों के टीन शेड भी उड़ गए। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे में और बारिश का अलर्ट जारी किया है।
फरीदाबाद में रविवार को संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा-2026 आयोजित की जा रही है। परीक्षा को निष्पक्ष और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन ने शहर में धारा 163 लागू कर दी है। परीक्षा के लिए जिले में 37 केंद्र निर्धारित किए गए हैं, जहां सुरक्षा और व्यवस्थाओं को लेकर विशेष इंतजाम किए गए हैं। सुबह और दोपहर में होंगे पेपर जिला उपायुक्त आयुष सिन्हा ने बताया कि परीक्षा दो सत्रों में आयोजित होगी। पहला पेपर सुबह 9:30 बजे से 11:30 बजे तक और दूसरा पेपर दोपहर 2:30 बजे से शाम 4:30 बजे तक होगा। परीक्षार्थियों की सहायता के लिए लघु सचिवालय में कंट्रोल रूम बनाया गया है। किसी भी तरह की जानकारी या सहायता के लिए अभ्यर्थी 0129-2227934 नंबर पर संपर्क कर सकते हैं। हर सेंटर पर रहेगा पुलिस पहरा प्रशासन के अनुसार सभी परीक्षा केंद्रों पर पुलिस बल की तैनाती की गई है। इसके अलावा पुलिस की गश्ती टीमें भी लगातार निगरानी करेंगी, ताकि परीक्षा के दौरान किसी प्रकार की अव्यवस्था न हो। दुकानों पर भी रहेगा प्रतिबंध परीक्षा केंद्रों के आसपास स्थित फोटो कॉपी, प्रिंटिंग और कंप्यूटर दुकानों को बंद रखने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का मानना है कि इससे परीक्षा की गोपनीयता और पारदर्शिता बनाए रखने में मदद मिलेगी। अभ्यर्थियों को समय से पहुंचने की सलाह अभ्यर्थियों को परीक्षा शुरू होने से पहले केंद्र पर पहुंचने के निर्देश दिए गए हैं। प्रवेश के दौरान केवल एडमिट कार्ड और आवश्यक दस्तावेज ही साथ ले जाने की अनुमति होगी। जांच और सत्यापन प्रक्रिया को देखते हुए समय से पहुंचना जरूरी बताया गया है।
नालंदा में बेरोजगार युवाओं के लिए रोजगार पाने का शानदार अवसर सामने आया है। 26 मई(मंगलवार) को संयुक्त श्रम भवन स्थित जिला नियोजनालय के ब्लॉक कैंपस में एक विशेष जॉब कैंप का आयोजन किया जाएगा। जो सुबह 10:00 बजे से दोपहर 01:00 बजे तक चलेगा। इस जॉब कैंप में टैलेंटकॉर्प सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड (Talentcorp Solutions Pvt.Ltd.) कंपनी हिस्सा ले रही है, जो 'ट्रेनी' (Trainee) के 200 पदों पर युवाओं की नियुक्ति करेगी। जिसके लिए 18 से 35 वर्ष की आयु के युवा आवेदन कर सकते हैं। 25 हजार तक मिलेगी सैलरी 10वीं, 12वीं, ग्रेजुएशन, डिप्लोमा और बीई/बीटेक पास उम्मीदवार इस भर्ती प्रक्रिया में शामिल हो सकते हैं। चयनित अभ्यर्थियों को 18,000 से 24,500 रुपए तक का वेतन दिया जाएगा, साथ ही कंपनी की ओर से बस और कैंटीन की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी। कार्य क्षेत्र लुधियाना या पुणे होगा। जिला नियोजन पदाधिकारी, मो. आकिफ वक्कास ने स्पष्ट किया है कि इस प्रक्रिया में नियोजनालय केवल एक सुविधा प्रदाता की भूमिका में है। नियोजन की शर्तों और अन्य संबंधित विषयों के लिए निजी क्षेत्र की कंपनी स्वयं जिम्मेदार होगी। विभाग ने अधिक से अधिक बेरोजगार युवाओं तक यह सूचना पहुंचाने के लिए स्थानीय समाचार पत्रों के माध्यम से व्यापक प्रचार-प्रसार का आग्रह किया है, ताकि जिले के युवा इस अवसर का लाभ उठाकर रोजगार प्राप्त कर सकें।
इंस्टाग्राम पर हुई दोस्ती, मिलने बुलाकर युवक का किया अपहरण:मारपीट कर बाइक लूटी, सिर के आधे बाल काटे
बांसवाड़ा के सज्जनगढ़ थाना क्षेत्र में इंस्टाग्राम पर हुई जान-पहचान एक युवक को भारी पड़ गई। 19 अप्रैल को युवती के बुलाने पर पहुंचे युवक का रास्ता रोककर अपहरण किया गया। आरोपियों ने युवक को घर ले जाकर हाथ-पैर बांधकर मारपीट की, उसके सिर के आधे बाल काट दिए और मोबाइल, 8 हजार रुपए व मोटरसाइकिल लूट ली। मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। कार्रवाई पुलिस अधीक्षक सुधीर जोशी के निर्देशन में की गई। इंस्टाग्राम पर हुई थी जान-पहचान थानाधिकारी धनपत सिंह ने बताया कि बाजार थाना सलोपाट निवासी विनेश उर्फ विनोद (22) ने रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। रिपोर्ट में बताया कि करीब 10-15 दिन पहले उसकी इंस्टाग्राम पर मनीषा नाम की युवती से पहचान हुई थी। 19 अप्रैल को मनीषा ने फोन कर उसे जीवाखुंटा स्कूल के पास बुलाया। पीड़ित के अनुसार जब वह वहां पहुंचा तो युवती ने उसे गुजरात छोड़ने के लिए कहा। युवक के मना करने के बावजूद वह उसकी बाइक पर बैठ गई। रास्ता रोककर किया अपहरण पीड़ित ने बताया कि करीब आधा किलोमीटर आगे बढ़ने के बाद जीवाखुंटा निवासी जीवन और दीवान नाम के दो युवक पल्सर बाइक पर आए। आरोपियों ने उसकी बाइक रुकवाई। इसके बाद मनीषा वहां से चली गई। पीड़ित के अनुसार आरोपी उसे जबरन उठाकर जीवन के घर ले गए। वहां उसके हाथ-पैर रस्सी से बांध दिए गए। आरोप है कि जीवन के परिवार के 5-7 लोगों ने मिलकर उसके साथ लात-घूसों से मारपीट की। सिर के आधे बाल काटे, मोबाइल और नकदी छीनी पीड़ित ने बताया कि आरोपियों ने मारपीट के दौरान उसके सिर के आधे बाल भी काट दिए। बाद में रात करीब 1 बजे स्थानीय निवासी शंकर ने बीच-बचाव कर उसे छुड़वाया और अपने घर ले गया। रिपोर्ट के अनुसार आरोपी वहां भी पहुंच गए और दोबारा मारपीट की। आरोपियों ने युवक का मोबाइल, 8 हजार रुपए नकद और मोटरसाइकिल छीन ली। सूचना पर पहुंची पुलिस, मुख्य आरोपी गिरफ्तार घटना की सूचना मिलने के बाद सज्जनगढ़ थाना पुलिस मौके पर पहुंची और पीड़ित को मुक्त कराया। मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी हितेश पुत्र दुदा पटेल (27) निवासी जीवाखुंटा को गिरफ्तार कर लिया। थानाधिकारी धनपत सिंह के नेतृत्व में गठित टीम में एएसआई भरत कुमार, हेड कांस्टेबल मानसिंह, कांस्टेबल जयन्तीलाल और दुष्यन्त शामिल रहे। पुलिस मामले में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है।
मध्य प्रदेश के उमरिया जिले के बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व क्षेत्र में शनिवार देर रात आंगन में सो रही महिला पर बाघ ने हमला कर दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद बाघ ने दो अन्य ग्रामीणों पर भी अटैक कर दिया। दोनों घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। जानकारी के मुताबिक, पनपथा बफर परिक्षेत्र के खेरबा टोला निवासी 48 वर्षीय फूलबाई की मौत हुई है। घायलों में दसैय्या और फुल्ला शामिल हैं। हमले के बाद बाघ घर के पास बैठा रहा और दहाड़ता रहा, जिससे दहशत फैल गई। वहीं गुस्साए ग्रामीणों ने वन विभाग के टीम पर हमला कर दिया। बाघ हमले से जुड़ी तस्वीरें देखिए… ग्रामीणों ने परिक्षेत्र अधिकारी का सिर फोड़ा बाघ हमले के बाद हालात तनावपूर्ण हो गए। घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व की टीम पर हमला कर दिया। इस दौरान परिक्षेत्र अधिकारी प्रतीक श्रीवास्तव के सिर में चोट आई, जबकि पतौर रेंजर अंजू वर्मा के साथ भी मारपीट की गई। घायलों को मानपुर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हमले में वनरक्षक और डिप्टी रेंजर भी ग्रामीणों के निशाने पर आ गए। घटना के बाद मौके पर अफरातफरी मच गई। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त बल तैनात किया गया है। वन विभाग की टीम ग्रामीणों को शांत कराने में जुटी हुई है। घर के अंदर घुसकर बैठा बाघ वन विभाग के अनुसार बाघ घर के अंदर घुसकर बैठ गया है, जिसे रेस्क्यू करने की कोशिश की जा रही है। वहीं बाघ के हमले के बाद घायल ग्रामीण गजाधर छत पर चढ़ गया। गजाधर को छत से नीचे उतारने के प्रयास अभी जारी हैं। ग्रामीणों को दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई है। अधिकारियों के अनुसार यह क्षेत्र जंगल से सटा है, इसलिए सतर्कता जरूरी है। स्थानीय लोगों के अनुसार बाघ हमलों की घटनाएं बढ़ी हैं, जिससे भय गहरा गया है। प्रशासन नजर रखे हुए है। रेस्क्यू जारी है। बाघ की गतिविधियों पर निगरानी जारी है। इलाके में अलर्ट है। मई महीने में बाघ के हमले से तीसरी मौत …………………………………. ये खबर भी पढ़े… BTR में टाइगर के हमले से युवक की मौत:लकड़ी बीनने के लिए जंगल गया था उमरिया जिले के बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के पनपथा कोर क्षेत्र में रविवार शाम को एक आदिवासी युवक की टाइगर के हमले में मौत हो गई। मृतक की पहचान कुदरी निवासी रज्जू पिता पितई कोल (लगभग 46) के रूप में हुई है। पढ़े पूरी खबर…
आज (24 मई) UPSC (संघ लोक सेवा आयोग) की ओर से सिविल सेवा की प्रारंभिक परीक्षा आयोजित हो रही है। वाराणसी में इसके लिए कुल 35 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। यहां पर 16025 अभ्यर्थी पंजीकृत हैं जो परीक्षा में शामिल हो रहे हैं। खास बात यह है कि परीक्षा में किसी तरह की सेंधमारी न होने पाए इसका पूरा ध्यान रखा गया है। यही कारण है कि AI युक्त CCTV कैमरों से परीक्षा केंद्रों की निगरानी की जा रही है। इतना ही नहीं परीक्षा केंद्रों पर पहुंचे अभ्यर्थियों की थ्री लेयर की तलाशी के बाद ही उन्हें केंद्रों पर एंट्री की अनुमति दी जा रही है। गेट पर जांच करने वाली टीम अभ्यर्थियों के पानी के बोतल व पेन तक खोलकर तलाशी ले रही है सुबह से ही परीक्षा केंद्रों पर बड़ी संख्या में परीक्षार्थी पहुंचने लगे। सेक्टर मजिस्ट्रेटों की निगरानी में परीक्षाएं शुरू हाे रही है। आयोग की ओर से जारी सख्त गाइडलाइन के बीच यह परीक्षा आयोजित कराई जा रही है। नोडल अधिकारी सिटी मजिस्ट्रेट करमवीर की ओर से संबंधित सेक्टर मजिस्ट्रेट व स्टैटिक मजिस्ट्रेट को भी गाइड लाइन के बारे में अवगत कराया है। फेस स्कैनिंग से हो रही अभ्यर्थियों की पहचान यह परीक्षा दो पालियों में आयोजित हो रही है। पहली पाली की परीक्षा सुबह 09:30 बजे से 11:30 बजे तक होगी। इसी तरह दूसरी पाली की परीक्षा दोपहर 02:30 बजे से शाम 04:30 बजे तक होगी। परीक्षार्थियों को परीक्षा शुरू होने से 30 से 45 मिनट पहले रिपोर्ट करना अनिवार्य होगा। पहली पाली के लिए सुबह 9:00 बजे और दूसरी पाली के लिए दोपहर 2:00 बजे केंद्र का मुख्य गेट बंद कर दिया जाएगा। प्रवेश के लिए फेस ऑथेंटिकेशन (चेहरा स्कैनिंग) और बायोमेट्रिक प्रक्रिया लागू की गई है। परीक्षा हॉल में सिर्फ काले रंग के बॉल-पॉइंट पेन का ही इस्तेमाल करने के लिए निर्देश दिए गए हैं। इस परीक्षा को 933 पदों के लिए कराई जा रही है। जबकि इसके लिए आठ लाख से भी ज्यादा अभ्यर्थियों ने आवेदन किए हैं।
झारखंड: मुख्यमंत्री ने भीषण लू के बीच पेयजल उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए
झारखंड में भीषण लू के बीच मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने राज्य भर के जिला प्रशासनों और सरकारी अधिकारियों को जनता के लिए निर्बाध पेयजल उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
नालंदा जिले के कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में अनुसेवक, रात्रि प्रहरी, मुख्य रसोइया और सहायक रसोइया के रिक्त पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया अब अपने अंतिम चरण में पहुंच गई है। इन पदों पर बहाली के लिए काउंसिलिंग का कार्य सोमवार(25 मई) से बिहारशरीफ स्थित नालंदा कॉलेजिएट परिसर में शुरू किया जाएगा। समग्र शिक्षा डीपीओ मो. शाहनवाज ने बताया कि वर्ष 2022 और 2026 में इन पदों के लिए कुल 3996 अभ्यर्थियों ने ऑनलाइन आवेदन जमा किया था, जिनकी काउंसिलिंग के लिए अब डेट निर्धारित कर दी गई है। अभ्यर्थियों की भारी संख्या को देखते हुए प्रशासनिक स्तर पर व्यापक तैयारियां की गई है। काउंसिलिंग प्रक्रिया को सुचारू और पारदर्शी बनाने के लिए नालंदा कॉलेजिएट परिसर में छह अलग-अलग टेबल बनाए गए हैं। प्रत्येक टेबल पर एक-एक अधिकारी और कर्मी को तैनात किया गया है, जो अभ्यर्थियों के प्रमाण पत्रों की बारीकी से जांच करेंगे। यह प्रक्रिया प्रतिदिन सुबह 10 बजे से शाम पांच बजे तक चलेगी। अभ्यर्थियों से समय पर पहुंचे के निर्देश डीपीओ के अनुसार, 25 मई को अनुसेवक पद के लिए काउंसिलिंग आयोजित की जाएगी। इसके बाद 26 और 27 मई रात्रि प्रहरी पद के अभ्यर्थियों के लिए तय की गई है, जबकि 29 मई को मुख्य रसोइया और सहायक रसोइया के पद के लिए आवेदन करने वाले अभ्यर्थी अपने प्रमाणपत्रों की जांच करा सकेंगे। विभाग ने स्पष्ट किया है कि काउंसिलिंग में शामिल होने वाले सभी अभ्यर्थियों के लिए ऑनलाइन आवेदन के समय जमा किए गए दस्तावेजों की मूल प्रति साथ लाना अनिवार्य है। अभ्यर्थियों को अपने साथ ऑनलाइन आवेदन की प्रति, दो पासपोर्ट साइज फोटो, जाति प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र, संबंधित पद के लिए अनुभव प्रमाण पत्र, आधार कार्ड और सभी मूल प्रमाणपत्रों की स्व-अभिप्रमाणित कॉपी लेकर आना होगा। विभाग ने सभी आवेदकों को निर्धारित तिथि और समय पर पहुंचने का निर्देश दिया है। ताकि बहाली की प्रक्रिया समयबद्ध तरीके से पूरी की जा सके।
फर्रुखाबाद में अपर सत्र न्यायाधीश एवं विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट तरुण कुमार सिंह ने वर्ष 2017 के छेड़छाड़ और एससी/एसटी एक्ट से जुड़े एक मामले में तीन आरोपियों को दोषी करार दिया है। न्यायालय ने दोष सिद्ध होने के बाद उनकी जमानत याचिका रद्द कर दी और उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया। इस मामले में सजा के बिंदु पर सुनवाई 26 मई को निर्धारित की गई है। न्यायालय ने साक्ष्यों और गवाहों के बयानों के आधार पर तीनों आरोपियों को दोषी ठहराया। यह मामला कोतवाली कायमगंज के एक गांव के निवासी की शिकायत पर आधारित है। शिकायतकर्ता ने बताया था कि 5 अप्रैल 2017 को उनकी 17 वर्षीय बेटी समोसे लेने साइकिल से गई थी। गांव के फैसल ने उसका पीछा किया और उसकी साइकिल छिपा दी। जब किशोरी ने विरोध किया, तो फैसल ने अपने साथियों माजिद उर्फ सामिर और लला उर्फ लंगड़ा उर्फ अब्दुल रहमान को बुला लिया। तीनों आरोपी किशोरी को एक बाग की ओर खींच ले गए और उसके साथ अश्लील हरकतें करने लगे। शोर मचाने पर एक व्यक्ति को आता देख आरोपी जान से मारने की धमकी देकर मौके से फरार हो गए। पुलिस ने शिकायत के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की और विवेचना के बाद न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने कुल 10 गवाह पेश किए।
सीवान में शनिवार की देर रात बेखौफ अपराधियों ने खुलेआम ताबड़तोड़ फायरिंग कर एक युवक की हत्या कर दी। घटना नवतन थाना क्षेत्र के ठाकुर के रामपुर गांव की है। मृतक की पहचान नसरुल्लाह अंसारी के बेटे बुलेट अंसारी(23) के रूप में हुई है। बताया जाता है कि करीब दो दर्जन हथियारबंद हमलावर अचानक बुलेट अंसारी के घर के समीप पहुंचे और हमला बोल दिया। शोर सुनकर उसके पिता नसरुल्लाह अंसारी मौके पर पहुंचे तभी अपराधियों ने अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। इस दौरान एक गोली सीधे बुलेट के सिर में जा लगी जिससे वह मौके पर ही गिर पड़ा। पिता किसी तरह बाल-बाल बच गए जबकि हमलावर फायरिंग करते हुए फरार हो गए। गोरखपुर पहुंचने से पहले गई जान घटना के बाद परिजन और स्थानीय लोगों ने घायल बुलेट को आनन-फानन में स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां से उसे सीवान सदर अस्पताल रेफर किया गया। हालत गंभीर होने पर डॉक्टरों ने गोरखपुर रेफर कर दिया लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। मृतक के पिता ने आरोप लगाया कि हमलावर अवैध शराब कारोबार से जुड़े हुए हैं और उन्हीं लोगों ने उनके बेटे को गोली मारी है। शराब बिक्री के वर्चस्व को लेकर विवाद हालांकि उन्होंने किसी पुराने विवाद से इनकार किया। वहीं स्थानीय सूत्रों का कहना है कि मृतक और हमलावर दोनों शराब कारोबार से जुड़े थे तथा इलाके में शराब बिक्री के वर्चस्व को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी विवाद में करीब दर्जनभर राउंड फायरिंग हुई जिसमें बुलेट की जान चली गई। घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। नगर थाना प्रभारी अविनाश कुमार सदर अस्पताल पहुंचे जबकि नवतन थाना प्रभारी जितमोहन कुमार ने बताया कि कुछ हमलावरों की पहचान की गई है और गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है। लेकिन सबसे बड़ा बात यह है कि नवतन थाना क्षेत्र में आखिर अवैध शराब का इतना बड़ा नेटवर्क किसके संरक्षण में फल-फूल रहा है? शराब माफिया खुलेआम हथियार लेकर घूम रहे हैं और पुलिस कार्रवाई के नाम पर सिर्फ बयानबाजी करती नजर आ रही है।
गुरुग्राम में संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) द्वारा आयोजित की जाने वाली सिविल सेवा (प्रारंभिक) परीक्षा-2026 को लेकर पुलिस पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। जिला प्रशासन और पुलिस विभाग ने परीक्षा को पूरी तरह शांतिपूर्ण, निष्पक्ष, पारदर्शी और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने की तैयारी कर ली है । पहली शिफ्ट सुबह 9:30 से 11:30 बजे और दूसरी शिफ्ट दोपहर 2:30 से 4:30 बजे तक चलेगी। प्रशासन ने शांतिपूर्ण और पारदर्शी परीक्षा संचालन के लिए विशेष इंतजाम किए हैं। परीक्षा के नोडल अधिकारी व एडीसी सोनू भट्ट आज अलसुबह से ही लघु सचिवालय में मौजूद हैं और खजाना कार्यालय से अपनी निगरानी में परीक्षा केंद्रों तक परीक्षा सामग्री भिजवा रहे हैं। वहीं कमिश्नरेट पुलिस द्वारा सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाने के लिए जिले के सभी परीक्षा केंद्रों पर व्यापक प्रबंध किए गए हैं, जिसके तहत लगभग 1,200 पुलिसकर्मियों को मुस्तैदी से तैनात रहने के आदेश जारी किए गए हैं। 52 केंद्रों पर परीक्षा देंगे 20 हजार से अधिक अभ्यर्थीजिला प्रवक्ता बिजेंद्र कुमार ने बताया कि जिले में इस बार कुल 52 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इन केंद्रों पर देश की सबसे प्रतिष्ठित परीक्षा में बैठने के लिए 20,007 अभ्यर्थियों के शामिल होने की उम्मीद है। इतनी बड़ी संख्या में परीक्षार्थियों की मौजूदगी को देखते हुए प्रशासन और पुलिस ने सुरक्षा के कड़े मापदंड तय किए हैं। प्रत्येक परीक्षा केंद्र की संवेदनशीलता को ध्यान में रखते हुए वहां पर्याप्त संख्या में महिला और पुरुष पुलिस बल की तैनाती की गई है। अंदर-बाहर कड़ा पहरा, राइडर टीमें करेंगी गश्तसुरक्षा योजना के मुताबिक लगभग 1200 पुलिस अधिकारी और कर्मचारी परीक्षा केंद्रों के अंदर और बाहर कानून-व्यवस्था की कमान संभालेंगे। इसमें अभ्यर्थियों की सघन चेकिंग, भीड़ नियंत्रण (क्राउड मैनेजमेंट) और संवेदनशील पॉइंट्स पर पैनी नजर रखना शामिल है। परीक्षा के दौरान किसी भी तरह की अप्रिय घटना या गड़बड़ी को रोकने के लिए पुलिस की स्पेशल राइडर टीमें लगातार परीक्षा केंद्रों के आसपास के इलाकों में पेट्रोलिंग करेंगी। जाम से मुक्ति के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान लागूहजारों परीक्षार्थियों और उनके अभिभावकों के आने से शहर की रफ्तार न थमे, इसके लिए ट्रैफिक पुलिस ने एक विशेष ट्रैफिक रूट प्लान तैयार किया है। सभी परीक्षा केंद्रों के आसपास और मुख्य चौराहों पर अतिरिक्त ट्रैफिक पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं, ताकि कहीं भी जाम की स्थिति पैदा न हो। पुलिस का मुख्य फोकस दिल्ली-गुरुग्राम एक्सप्रेसवे, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन और मेट्रो स्टेशनों के आसपास के मार्गों पर रहेगा ताकि परीक्षार्थियों को केंद्रों तक पहुंचने में कोई असुविधा न हो। समय से निकलने की अपीलपुलिस प्रवक्ता संदीप कुमार ने परीक्षा में शामिल होने वाले सभी अभ्यर्थियों और उनके साथ आने वाले अभिभावकों से विशेष अपील की है। उन्होंने कहा कि अंतिम समय की हड़बड़ी और संभावित ट्रैफिक से बचने के लिए परीक्षार्थी परीक्षा शुरू होने के निर्धारित समय से काफी पहले अपने घरों से निकलें। इसके साथ ही यात्रा के दौरान ट्रैफिक नियमों का पालन करने की हिदायत दी गई है। पुलिस ने आम जनता से भी सहयोग मांगा है कि यदि उन्हें परीक्षा केंद्रों के आसपास कोई भी लावारिस वस्तु या संदिग्ध गतिविधि दिखाई दे, तो इसकी सूचना तुरंत नजदीकी पुलिसकर्मी या कंट्रोल रूम को दें।
सागर की मोतीनगर थाना पुलिस ने शनिवार को देसी पिस्टल लेकर घूम रहे 59 वर्षीय एक अपराधी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के पास से एक जिंदा कारतूस भी बरामद किया है। आशंका है कि वह किसी वारदात को अंजाम देने की नीयत से इलाके में घूम रहा था। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर हथियार के स्रोत का पता लगाने में जुटी है। पुलिस के अनुसार, मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली थी कि न्यू भोपाल बस स्टैंड के पीछे भोपाल रोड स्थित भगतसिंह वार्ड क्षेत्र में एक व्यक्ति अवैध हथियार लेकर घूम रहा है और संभवतः किसी वारदात को अंजाम देने की फिराक में है। सूचना मिलते ही पुलिस की एक टीम तत्काल मौके के लिए रवाना हुई। पुलिस को देखते ही आरोपी वहां से भागने लगा, लेकिन टीम में शामिल आरक्षकों ने पीछा कर उसे धरदबोचा। कमर में खोंसी थी पिस्टल, जेब में रखा था कारतूसपकड़े जाने के बाद पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम मोहन (उर्फ बबलू, पिता बृजलाल साहू, उम्र 59 वर्ष, निवासी राजीवनगर वार्ड) बताया। पुलिस ने जब उसकी तलाशी ली, तो उसकी कमर में खोंसी हुई एक देसी मैगजीन युक्त पिस्टल बरामद हुई। इसके अलावा, उसकी पैंट की जेब से एक जिंदा कारतूस भी मिला, जिसे पुलिस ने तत्काल जब्त कर लिया। आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज, पूछताछ जारीमोतीनगर थाना प्रभारी जसवंत सिंह ने बताया कि देसी पिस्टल और जिंदा कारतूस के साथ आरोपी को गिरफ्तार कर थाने लाया गया है। आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट की सुसंगत धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। फिलहाल पुलिस आरोपी से कड़ाई से पूछताछ कर रही है कि उसने यह अवैध पिस्टल कहां से और किससे खरीदी थी, तथा वह किस वारदात को अंजाम देने की योजना बना रहा था।
गुना की कैंट थाना पुलिस ने प्रतिबंधित नशीले इंजेक्शन (एविल) की सप्लाई करने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके पास से 240 नशीले इंजेक्शन बरामद किए हैं और दोनों के खिलाफ ड्रग्स कंट्रोल एक्ट के तहत सख्त कार्रवाई की गई है। जानकारी के अनुसार, कैंट थाना पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि मालपुर रोड स्थित मरघटशाला के पास दो व्यक्ति एक प्लास्टिक के कट्टे और थैले में नशीले इंजेक्शन लेकर खड़े हैं और उन्हें बेचने की फिराक में हैं। इस सूचना पर पुलिस की एक टीम तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस को देखते ही दोनों संदिग्ध युवकों ने अपना सामान उठाया और वहां से भागने की कोशिश की, लेकिन पुलिस फोर्स ने घेराबंदी कर उन्हें मौके पर ही दबोच लिया। 10 कार्टून बॉक्स में मिले 240 इंजेक्शनपुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने अपना नाम सचिन (पुत्र सुनील राठौर, निवासी भार्गव कॉलोनी, गुना) और विशाल (पुत्र कैलाशचंद ओझा, निवासी सुदामा कॉलोनी बूढ़े बालाजी, गुना) बताया। जब पुलिस ने उनके पास मौजूद प्लास्टिक के कट्टे और थैले की तलाशी ली, तो उसमें रखे 10 कार्टून बॉक्स से कुल 240 एविल इंजेक्शन बरामद हुए। पुलिस ने जब उनसे इन नशीले इंजेक्शनों को रखने और बेचने के वैध (वैध) दस्तावेज मांगे, तो वे कोई भी कागज पेश नहीं कर सके। धाकड़ मेडिकल स्टोर से खरीदे थे इंजेक्शनपुलिस ने आरोपियों के पास से बरामद सभी 240 इंजेक्शन जब्त कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस द्वारा की गई आगे की पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि उन्होंने ये नशीले इंजेक्शन श्रीराम कॉलोनी स्थित 'धाकड़ मेडिकल स्टोर' के संचालक हरिमोहन धाकड़ से खरीदे थे। इस खुलासे के बाद पुलिस मेडिकल स्टोर संचालक के खिलाफ भी आगे की वैधानिक कार्रवाई कर रही है।
चंडीगढ़ शिक्षा विभाग इंटर स्कूल खेलों में हो रही अनियमितताओं को रोकने के लिए नई स्पोर्ट्स पॉलिसी लागू करने जा रहा है। नई नीति के तहत अब दूसरे राज्यों से चंडीगढ़ में दाखिला लेने वाले छात्र और खिलाड़ियों को इंटर स्कूल प्रतियोगिताओं में भाग लेने के लिए कम से कम एक साल इंतजार करना होगा। विभाग के अधिकारियों के अनुसार कई कोच और खेल संघ दूसरे राज्यों के खिलाड़ियों का चंडीगढ़ के स्कूलों में दाखिला कराकर उन्हें तुरंत इंटर स्कूल प्रतियोगिताओं में उतार देते थे। खासकर पंजाब और हरियाणा के खिलाड़ी इंटर स्कूल गेम्स में भाग लेने के लिए चंडीगढ़ में एडमिशन लेते थे और एक साल बाद वापस अपने राज्यों में लौट जाते थे। शिक्षा विभाग का मानना है कि इस तरह की अवसरवादी प्रवृत्ति पर रोक लगाने के लिए यह फैसला जरूरी था। सूत्रों के मुताबिक इस नियम को नई स्पोर्ट्स पॉलिसी में शामिल किया गया है और विभागीय बैठकों में इस पर चर्चा भी हो चुकी है। नई स्पोर्ट्स पॉलिसी जुलाई के दूसरे सप्ताह तक लागू होने की संभावना है, ताकि 2026-27 सत्र से खिलाड़ियों को इसका लाभ मिल सके। जन्म प्रमाण पत्र और आधार कार्ड पर फोकस इंटर स्कूल खेलों में उम्र संबंधी धांधली रोकने के लिए शिक्षा विभाग अब जन्म प्रमाण पत्र और आधार कार्ड की जांच को अनिवार्य बनाने जा रहा है। विभाग का मानना है कि कई मामलों में खिलाड़ियों की उम्र को लेकर शिकायतें सामने आती रही हैं, इसलिए दस्तावेजों की सख्त जांच की जाएगी। नई व्यवस्था के तहत 9वीं कक्षा के छात्र को इंटर स्कूल प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए 31 मई से पहले दाखिला लेना होगा, जबकि 11वीं और 12वीं कक्षा के छात्रों के लिए एडमिशन की अंतिम तिथि 31 जुलाई तय की जाएगी। बिना ग्रेडेशन वाली गेम्स होंगी बाहर नई स्पोर्ट्स पॉलिसी के तहत शिक्षा विभाग अब सिर्फ उन्हीं खेलों को इंटर स्कूल प्रतियोगिताओं में शामिल करेगा, जिनमें खेल विभाग ग्रेडेशन और स्कॉलरशिप देता है। वर्तमान में खेल विभाग 42 खेलों को ग्रेडेशन और स्कॉलरशिप प्रक्रिया में शामिल कर चुका है। ऐसे में नए सत्र से इंटर स्कूल प्रतियोगिताओं में केवल इन्हीं 42 खेलों को जगह मिलेगी। सूत्रों के अनुसार बिना ग्रेडेशन वाली कई गेम्स को इंटर स्कूल प्रतियोगिताओं से बाहर किया जाएगा। विभाग का कहना है कि इससे खिलाड़ियों को भविष्य में स्कॉलरशिप और खेल कोटे का सीधा लाभ मिल सकेगा। कैंप में सिर्फ चयनित खिलाड़ी जाएंगे नई नीति के तहत अब नेशनल प्रतियोगिताओं के लिए आयोजित कैंप में केवल चयनित खिलाड़ियों को ही शामिल किया जाएगा। अभी तक ट्रायल के दौरान संभावित खिलाड़ियों की बड़ी सूची तैयार की जाती थी और कैंप में जरूरत से ज्यादा खिलाड़ियों को बुलाया जाता था। जानकारी के अनुसार ट्रायल के दौरान कन्वीनर, कोच, मैनेजर और संबंधित एसोसिएशन के पदाधिकारी मौजूद रहते थे, लेकिन अंतिम टीम का चयन बाद में कोच और मैनेजर करते थे। अब विभाग इस प्रक्रिया में बदलाव करेगा। उदाहरण के तौर पर फुटबॉल टीम में जहां अंतिम रूप से 18 खिलाड़ियों का चयन होना होता है, वहां कैंप में 27 खिलाड़ियों को बुलाया जाता था। विभाग का कहना है कि अब केवल चयनित 18 खिलाड़ियों को ही कैंप में शामिल किया जाएगा। बाकी खिलाड़ियों का रिकॉर्ड शिक्षा विभाग के पास रखा जाएगा और जरूरत पड़ने पर उन्हें बुलाया जाएगा। वाटर स्पोर्ट्स को भी बढ़ावा देने की तैयारी नई स्पोर्ट्स पॉलिसी में वाटर स्पोर्ट्स को भी बढ़ावा देने की तैयारी है। इसके तहत रोइंग, यॉटिंग, कैनोइंग और क्याकिंग जैसी खेल गतिविधियों को शामिल किया जाएगा। विभाग का मानना है कि इससे ग्रासरूट स्तर पर नए खिलाड़ियों को आगे आने का मौका मिलेगा और शहर में वाटर स्पोर्ट्स का आधार मजबूत होगा।
गला रेतकर हत्या करने वाले को उम्रकैद:भिंड की अदालत ने सुनाया फैसला; दोषी पर 5 हजार का जुर्माना भी
भिंड जिले में दो साल पहले एक युवक की गला रेतकर निर्मम हत्या करने के मामले में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश (मेहगांव) की अदालत ने मुख्य आरोपी को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास (उम्रकैद) और 5 हजार रुपए के अर्थदंड की सजा सुनाई है। यह मामला भारौली थाना क्षेत्र के अंतर्गत वर्ष 2023 के चर्चित हत्याकांड से जुड़ा है। अभियोजन के अनुसार, यह घटना 6 अप्रैल 2023 की है। शाम के समय मृतक कुलदीप अपने गांव गोरम स्थित घर पर मौजूद था। इसी दौरान आरोपी मुन्ना (उर्फ शिवम यादव) अपने एक साथी के साथ वहां पहुंचा। उसने कुलदीप से कहा कि उन्हें भिंड तक छोड़ दे। इसके बाद कुलदीप अपनी अपाचे मोटरसाइकिल से दोनों को लेकर घर से निकल गया। बेसली नदी के किनारे मिला था कटा हुआ शवघर से निकलने के कुछ देर बाद ही मृतक के पिता कप्तान सिंह को मोबाइल पर सूचना मिली कि बेसली नदी के पास मेन रोड किनारे कुलदीप का शव पड़ा है और उसकी गर्दन धारदार हथियार से काटी गई है। सूचना मिलते ही भारौली थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर हत्या का मामला दर्ज किया और अपनी जांच शुरू की। साक्ष्यों के आधार पर न्यायालय ने ठहराया दोषीपुलिस की विस्तृत जांच में उमरी थाना क्षेत्र के बाबा का टोला निवासी आरोपी मुन्ना उर्फ शिवम यादव के खिलाफ पुख्ता साक्ष्य मिले, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर न्यायालय में चालान पेश किया गया। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष (विशेष लोक अभियोजक अनीष शर्मा और अपर लोक अभियोजक देवेश शुक्ला) ने गवाहों और परिस्थितिजन्य साक्ष्यों के आधार पर मुन्ना को दोषी साबित किया। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद न्यायालय ने आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
मुरैना जिले के चिन्नोनी थाना क्षेत्र में पुलिस और वन विभाग की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो अलग-अलग स्थानों से करीब 250 ट्रॉली अवैध रेत नष्ट कर दिया। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के बाद जिलेभर में अवैध खनन और भंडारण के खिलाफ पुलिस, वन विभाग और टास्क फोर्स की अलग-अलग टीमें बनाकर लगातार सघन अभियान चलाया जा रहा है। चिन्नोनी थाना क्षेत्र के ग्राम तिंदोखर और जातथाप में स्थानीय पुलिस और वन विभाग की 25 सदस्यीय संयुक्त टीम ने दबिश दी। इस दौरान टीम को बड़ी मात्रा में चंबल नदी की रेत का अवैध भंडारण मिला। टीम ने तत्काल एक जेसीबी मशीन की मदद से इस अवैध डंप रेत को नष्ट करने की कार्रवाई शुरू की। दिन भर चली इस कार्रवाई में 250 ट्रॉली रेत को पूरी तरह से नष्ट कर दिया गया। नष्ट की गई रेत की कीमत 5 लाख रुपए आंकी गई इस पूरी कार्रवाई में पुलिस और वन विभाग के 25 अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे। अधिकारियों के मुताबिक, संयुक्त टीम द्वारा नष्ट की गई इस 250 ट्रॉली रेत की बाजार कीमत करीब पांच लाख रुपए आंकी गई है। जिलेभर में जारी है अवैध रेत के खिलाफ अभियान मुरैना के एडिशनल एसपी (ASP) सुरेंद्र पाल सिंह ने इस कार्रवाई की पुष्टि करते हुए बताया कि, जिले भर में चंबल नदी के अवैध रेत उत्खनन और उसके अवैध भंडारण के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में आज चिन्नोनी थाना क्षेत्र में 250 ट्रॉली रेत को नष्ट करने की यह महत्वपूर्ण कार्रवाई की गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि आगे भी यह अभियान पूरी सख्ती के साथ जारी रहेगा।
पटना में पहली बार बोट फेस्टिवल का आयोजन होने जा रहा है। इस्कॉन पटना की ओर से अदालतगंज तालाब में फेस्टिवल आयोजित किया जाएगा। इसे लेकर विशेष तैयारी की जा रही है। अदालतगंज तालाब को 400 टन फूलों से सजाया जा रहा है, जो कंबोडिया, थाईलैंड, बेंगलुरु, कोलकाता, दिल्ली से मंगाए जा रहे हैं। इस दौरान विशेष कार्यक्रम का भी आयोजन है। जो शाम 4 बजे से शुरू होगा। सबसे पहले कीर्तन होगा, उसके बाद पालकी यात्रा, कथा और फिर जल विहार होगा। इसके बाद प्रसाद का भी वितरण किया जाएगा। सभी लोगों के लिए यहां फ्री एंट्री है। हंस के रूप में सजाया जा रहा नाव पूरे नाव को हंस के रूप में सजाया जा रहा, जिसे करीब 50 तरह के फूलों से डेकोरेट किया जाएगा और विशेष लाइटिंग भी की जाएगी। इसमें आगे की तरफ हंस के मुख की प्रतिकृति रहेगी और पीछे पंख बनाया जा रहा है। यह नाव करीब 20 फीट लंबी और 6 फीट चौड़ी है। इसपर भगवान के बैठने के लिए मंडप भी बनाया जाएगा, जो 3 फीट लंबा और 2 फीट चौड़ा होगा। इसी पर राधा कृष्ण विराजमान होंगे और नौका विहार करेंगे। इस्कॉन मंदिर से निकलेगी पालकी यात्रा इस्कॉन मंदिर के मैनेजमेंट काउंसिल मेंबर राधा पति चरण दास ने कहा कि पहली बार ये नौका विहार महोत्सव मनाया जा रहा है। भगवान को शाम में अपने कक्ष से पालकी यात्रा के माध्यम से लाया जाएगा और वोट पर बने मंडप पर विराजमान किया जाएगा। उसके बाद पूजा-अर्चना होगी और फिर भोग लगेगा। फिर करीब 2 घंटे तक राधा कृष्ण नाव में विहार करेंगे। मुख्य बोर्ड के अलावा हमने सरकार से NDRF की टीम के साथ अन्य दो-तीन वोट की मांग की है, ताकि किसी भी तरह के दुर्घटना से बचा जा सके। हलवा-पुरी का बांटा जाएगा प्रसाद भगवान का नाव चलाने के लिए केरल से नाविक आ रहे हैं। भगवान अनेक प्रकार की लीलाएं करते हैं, उसमें से एक लीला को ही इस उत्सव के रूप में मनाया जा रहा है। पुराणों में भी इसका उल्लेख है कि भगवान कृष्ण गोपी के साथ नौका विहार करते हैं। वृंदावन, मायापुर से सुमधुर कीर्तन के लिए टीम आ रही है। भक्तों के बीच हलवा पुरी का प्रसाद भी बांटा जाएगा। जिसकी व्यवस्था अदालतगंज तालाब के बाहर रहेगी। इस महोत्सव के माध्यम से हम लोगों को जोड़ने की कोशिश करेंगे।
गयाजी में प्रादेशिक नियोजनालय की ओर से 26 मई(मंगलवार) को दिव्यांगों के लिए विशेष रोजगार शिविर का आयोजन किया जाएगा। शिविर शहर के केंदुई स्थित नियोजनालय कार्यालय परिसर में सुबह 10:30 बजे से शाम 4 बजे तक चलेगा। अलग-अलग कंपनियों में दिव्यांग अभ्यर्थियों को नौकरी दी जाएगी। भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह निशुल्क है। नियोजनालय की ओर से बताया कि यह रोजगार शिविर केवल दिव्यांग अभ्यर्थियों के लिए ही आयोजित किया जा रहा है। इच्छुक अभ्यर्थियों से अपील की गई है कि वे अपने बायोडाटा और जरूरी दस्तावेजों के साथ शिविर में पहुंचे और मौके का लाभ उठाएं। जरूरी दस्तावेज में आधार, शैक्षणिक प्रमाणपत्र फोटो और दिव्यांगता सर्टिफिकेट की फोटो कॉपी जरूरी है। इसका उद्देश्य दिव्यांग युवाओं को रोजगार से जोड़ना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है। ग्रेजुएट पास अभ्यर्थियों के पास मौका फ्रीडम एम्प्लॉयबिलिटी एकेडमी की ओर से शिक्षक पद के लिए 20 अभ्यर्थियों की नियुक्ति की जाएगी। इसके लिए शैक्षणिक योग्यता स्नातक पास निर्धारित की गई है। अभ्यर्थियों की आयु सीमा 18 से 45 वर्ष तय की गई है। चयनित उम्मीदवारों को 14 हजार 500 रुपए प्रतिमाह वेतन दिया जाएगा। इसके अलावा Zomato की ओर से डिलीवरी पार्टनर के 16 पदों पर भर्ती की जाएगी। इसके लिए न्यूनतम योग्यता 10वीं पास रखी गई है। आयु सीमा 18 से 40 वर्ष निर्धारित की गई है। चयनित अभ्यर्थियों को 15 हजार से 25 हजार रुपये तक वेतन मिलेगा। कार्यस्थल गयाजी ही रहेगा। ऑन-द-स्पॉट मिलेगी नौकरी शिविर में पहुंचने वाले अभ्यर्थियों का ऑन-द-स्पॉट इंटरव्यू लिया जाएगा। चयन प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी होगी। रोजगार शिविर के माध्यम से दिव्यांग युवाओं को स्थानीय स्तर पर नौकरी उपलब्ध कराने की कोशिश की जा रही है, ताकि उन्हें रोजगार के लिए दूसरे शहरों का रुख नहीं करना पड़े। अधिकारियों ने कहा कि कई बार जानकारी के अभाव में दिव्यांग अभ्यर्थी रोजगार के अवसर से वंचित रह जाते हैं। ऐसे में यह शिविर उनके लिए बड़ा अवसर साबित हो सकता है। नियोजनालय ने अधिक से अधिक दिव्यांग युवाओं से रोजगार शिविर में शामिल होने की अपील की है।
अररिया में 4 घंटे का पावर कट:सुबह 9 से दोपहर 1 बजे तक कटौती, मार्केटिंग फीडर में चलेगा मेंटेनेंस
अररिया में रविवार, 24 मई को सुबह 9 बजे से दोपहर 1 बजे तक बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। बिजली विभाग ने अररिया शहरी क्षेत्र के उपभोक्ताओं के लिए यह महत्वपूर्ण सूचना जारी की है। विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे इस अवधि के लिए अपने दैनिक कार्यों को पहले ही पूरा कर लें। सहायक विद्युत अभियंता विकास कुमार ने बताया कि 24 मई को सुबह 9 बजे से दोपहर 1 बजे तक विद्युत शक्ति उपकेंद्र अररिया शहरी से निकलने वाले 11 केवी मार्केटिंग फीडर में रखरखाव का कार्य किया जाएगा। इस दौरान फीडर पर 4 घंटे तक बिजली आपूर्ति पूरी तरह बंद रहेगी। रखरखाव कार्य के तहत फीडर की लाइन पर तकनीकी जांच, मरम्मत और आवश्यक अपग्रेडेशन किया जाएगा। इसका उद्देश्य भविष्य में बिजली संबंधी समस्याओं को कम करना है। विभाग के अनुसार, यह कार्य आवश्यक है, हालांकि इससे उपभोक्ताओं को असुविधा हो सकती है। मार्केटिंग फीडर से जुड़े हिस्से में नहीं रहेगी लाइट अररिया शहरी क्षेत्र के वे सभी हिस्से जो 11 केवी मार्केटिंग फीडर से जुड़े हैं, उनमें बिजली नहीं रहेगी। इसमें मुख्य बाजार क्षेत्र, आसपास के मोहल्ले, कुछ सरकारी और निजी कार्यालय तथा घरेलू उपभोक्ता शामिल हैं। विभाग ने उपभोक्ताओं से अनुरोध किया है कि वे इस अवधि के दौरान पानी, दूध, खाद्य सामग्री और अन्य जरूरी चीजों का पर्याप्त स्टॉक रख लें। जिन उपभोक्ताओं को मेडिकल उपकरणों की आवश्यकता है, उन्हें बैकअप व्यवस्था सुनिश्चित करनी चाहिए। बिजली विभाग के अधिकारी ने बताया, हमारा प्रयास है कि रखरखाव कार्य को निर्धारित समय में पूरा किया जाए। यदि कार्य पहले पूरा हो जाता है, तो बिजली आपूर्ति पहले भी बहाल की जा सकती है।
कथावाचक गणेश प्रसाद सरल गिरफ्तार:महिला ने लगाया छेड़छाड़ का आरोप, कोर्ट ने भेजा जेल
छिंदवाड़ा शहर में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के समापन से ठीक एक दिन पहले एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। यहां कोतवाली पुलिस ने विख्यात कथावाचक पंडित गणेश प्रसाद सरल को शुक्रवार देर रात कथा समाप्त होने के बाद गिरफ्तार कर लिया। शनिवार को उन्हें न्यायालय में पेश किया गया, जहां से कोर्ट ने उन्हें जेल भेज दिया है। स्थानीय माहोरे परिवार द्वारा आयोजित इस कथा में प्रतिदिन हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे थे। शुक्रवार को कथा के छठवें दिन का कार्यक्रम पूरी तरह समाप्त होने और श्रद्धालुओं के अपने-अपने घर लौट जाने के बाद देर रात पुलिस मौके पर पहुंची। उस समय पंडाल में सिर्फ आयोजन समिति के सदस्य और कुछ अनुयायी ही मौजूद थे। पुलिस कथावाचक को अपने साथ कोतवाली ले गई, जिससे उनके समर्थकों में हड़कंप मच गया। 23 दिन बाद दर्ज हुई शिकायत पर उठ रहे सवालकोतवाली पुलिस को दी गई शिकायत के अनुसार, यह पूरा मामला 26 अप्रैल का बताया जा रहा है, लेकिन इसकी शिकायत करीब 23 दिन बाद 18 मई को दर्ज कराई गई है। घटना और शिकायत के बीच इतने लंबे समय का अंतर होने के कारण कार्रवाई पर कई सवाल खड़े हो रहे हैं। समर्थकों का कहना है कि पुलिस को इस मामले की सच्चाई और गहराई से जांच करनी चाहिए थी। महिला के फोन कॉल और सास-पति की मौजूदगी की चर्चाइस पूरे मामले में अब एक कथित ऑडियो कॉल की चर्चा भी जोरों पर है। बताया जा रहा है कि महिला ने स्वयं कथावाचक से संपर्क कर घरेलू प्रताड़ना की जानकारी दी थी और घर पर पूजन कराने की बात कही थी। सूत्रों के मुताबिक, पंडित जी ने महिला को पति के साथ आने की सलाह दी थी। यह भी चर्चा है कि जिस दिन कथित घटना हुई, उस समय महिला के घर पर उसकी सास और पति दोनों मौजूद थे। आयोजकों ने बताया साजिश, साइबर टीम करेगी जांचकथा का आयोजन कराने वाले माहोरे परिवार ने इसे 'वर्चस्व की लड़ाई' करार दिया है। आयोजकों का कहना है कि मूल रूप से जबलपुर निवासी पंडित गणेश प्रसाद की बढ़ती लोकप्रियता और धार्मिक आयोजनों में मिल रहे आमंत्रण से कुछ लोग नाराज थे, जिसके चलते उन्हें बदनाम करने की साजिश रची गई है। वहीं, कोतवाली निरीक्षक आशीष कुमार ने बताया कि मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और कॉल रिकॉर्ड व डिजिटल साक्ष्यों की पड़ताल के लिए साइबर टीम की मदद ली जाएगी।
रतलाम शहर से कबाड़ा व्यवसायियों को हटाने की कार्रवाई शुरू हो गई है। नगर निगम व जिला प्रशासन की टीम ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए शहर में से 5 कबाड़ा व्यवसायियों के कबाड़ गोदाम हटा दिए है। कबाड़ा जब्त कर जुलवानिया ट्रेचिंग ग्राउंड पहुंचा दिया है। कुछ कबाड़ व्यवसायियों ने कार्रवाई रोकने की भी कोशिश की। अधिकारियों ने एक की भी नहीं सुनी। अवैध रूप से बने कबाड़ गोदामों पर जेसीबी चलाई गई। रतलाम शहर के रहवासी क्षेत्र में लगभग 85 कबाड़ो की दुकानो को हटाने को लेकर 19 दिसंबर 25 को नगर निगम ने नोटिस जारी किए ते। कबाड़ा व्यापारियों द्वारा नगर निगम द्वारा जारी किये गए नोटिस के संबंध में कोर्ट में याचिका दायर की थी। लेकिन कोर्ट ने याचिका को खारिज कर अपनी-अपनी कबाड़े की दुकानों को रतलाम शहर से बाहर स्थानांतरित करने के निर्देश दिए है। कोर्ट के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई। शहर में जितने बभी कबाड़ के गोदाम व दुकान है सबको हटाया जाएगा। यहां से हटाए गोडाउन पुलिस बल की मौजूदगी में टीम ने ख्वाजा हुसैन पिता उस्मान हुसैन का कबाड़ गोदाम योगेश्वर महादेव मंदिर के सामने अमृत सागर, गौतम सिसोदिया पिता मोहन सिसोदिया का कबाड़ गोदाम मोती नगर, सागर पिता मांगीलाल का कबाड़ गोदाम मोती नगर से हटाने की कार्रवाई की। इसके अलावा एजाज अहमद मंसूरी अल शिफा फर्नीचर का मोती नगर व मोहम्मद सिद्दीक ’मोहम्मद नासिर का शंकरगढ के कबाड़ गोदाम को हटाया गया। इन सभी का कबाड़ सामान जप्त कर अधिकारियों ने जुलवानिया ट्रेचिंग ग्राउंड पहुंचा दिया। आग बुझाने के साधन नहीं निगम अधिकारियों की माने तो वर्तमान में भीषण गर्मी से रतलाम शहर में अलग-अलग जगहों पर आग लगने की घटनाएं सामने आ रही है। कबाड़ा व्यवसायियों द्वारा अपने परिसर (रहवासी क्षेत्र) में अग्नि सुरक्षा से संबंधित किसी भी प्रकार के उपकरण नही रखें जाते है, इससे आग लगने से दुर्घटना की संभावना बनी रहती है। इसके अलावा ट्रेफिक व्यवस्था भी प्रभावित होती है। ऐसी स्थिती में कबाड़ की दुकानों एवं गोदामों को रतलाम शहर रहवासी क्षेत्रों से हटाने की कार्रवाई की जा रही है। यह रहे शामिल कार्रवाई में तहसीलदार ऋषभ ठाकुर, स्वच्छता अधिकारी राजेन्द्रसिंह पंवार, माणक चौक थाना प्रभारी विक्रमसिंह चौहान, झोन प्रभारी विनय चौहान, तरूण राठौड़ समेत निगम के कर्मचारी व पुलिस बल मौजूद रहा।
सोशल मीडिया पर इन दिनों CJP यानी कॉकरोच जनता पार्टी को लेकर खूब चर्चा हो रही है। इस बीच कानपुर की बिठूर से भाजपा विधायक अभिजीत सिंह सांगा ने CJP के बढ़ते फॉलोवर्स और उसकी राजनीतिक सोच पर सवाल उठाए हैं। अभिजीत सिंह सांगा ने कहा कि यह जांच का विषय है कि सोशल मीडिया पर पार्टी को फॉलो करने वाले लोग वास्तव में उसी विचारधारा के हैं या किसी और एजेंडे के तहत जुड़े हैं। दैनिक भास्कर से बातचीत में विधायक अभिजीत सिंह सांगा ने कहा- भाजपा की लगातार चुनावी जीत से विरोधी विचारधारा के लोग एक मंच पर आने लगे हैं। उन्होंने इसकी तुलना बाढ़ के दौरान एक जगह इकट्ठा होने वाले सांप, नेवले और अन्य जीवों से की। सांगा ने आरोप लगाया कि कुछ लोग समाज को बांटने और जाति आधारित राजनीति करने की कोशिश कर रहे हैं। पढ़िए पूरा इंटरव्यू… सवाल- सोशल मीडिया पर CJP के फॉलोवर्स पर क्या कहेंगे? जवाब- सोशल मीडिया के दो पहलू हैं। एक पॉजिटिव और दूसरा निगेटिव। क्या इनके फॉलोवर्स सच में हैं। वो फॉलोवर्स अन्य लोगों को भी फॉलो करते हैं। उनमें से ऐसे लोग भी होंगे जो भाजपा को भी फॉलो करते होंगे। ये तो जांच का विषय है। वर्तमान में जो देश में वातावरण है। भाजपा ने जिस तरह से बिहार और बंगाल में चुनाव जीता, इससे यह लगता है कि जब नदी में बाढ़ आती है, तो जैसे सांप, नेवला और अन्य जलीय जीव एक साथ एकत्र होते हैं। एक ही विचारधारा के ऐसे ही राजनीतिक लोग, जो जाति के नाम पर राजनीति करते हैं, जो समाज को तोड़ने का काम करते हैं। वो सब वैचारिक रूप से इसलिए साथ रहते हैं। सवाल- ऐसा क्यों कि सब ये कह रहे हैं कि भाजपा को ही खतरा है? जवाब- ऐसे दल तो अपने को कॉकरोच से भी गया-गुजरा मान रहे हैं। क्योंकि वो दल ये मान चुके हैं कि वो भाजपा को नहीं हरा सकते हैं। इसलिए इस तरह के मुद्दों में शामिल होकर भाजपा को टारगेट करना चाहते हैं। इसमें ऐसा भी हो सकता है कि इसमें भाजपा के भी समर्थक हों, ये कौन तय करेगा कि इसमें सब भाजपा के विरोधी हैं। सवाल- क्या CJP का कनेक्शन आम आदमी पार्टी से रहा है? जवाब- आम आदमी पार्टी पर जनता ने विश्वास किया था, लेकिन उन्होंने जनता के साथ विश्वासघात किया। कहीं न कहीं उस नर्सरी से पढ़े हुए लोग जनता को गुमराह करने का प्रयास तो करेंगे ही। जनता सब जानती है, जनता देश के साथ है। सवाल- क्या लगता है कि युवाओं को टारगेट किया जा रहा है? जवाब- युवाओं को टारगेट तो हर दल कर रहा है। युवा समझदार हैं, सब जानते हैं कि उनका भविष्य कहां सुरक्षित है। नौजवान भाजपा के साथ हैं। चाहे बिहार हो या बंगाल, दोनों ही जगह नौजवानों के दम पर ही भाजपा की सरकार बनी है। सवाल- सरकारी विभाग में कॉकरोच की तरह भेष बनाकर युवक पहुंचा, इस पर क्या कहेंगे? जवाब- सस्ती लोकप्रियता पाने का हथियार आज के समय में सोशल मीडिया बन गया है। ऐसे लोगों को न पत्रकारों की जरूरत है न किसी की। ऐसे में कोई कॉकरोच के कपड़े पहनेगा तो कोई अपने जो कपड़े पहने हुए है उसे उतार देगा। किसी तरह से वो लाइमलाइट में बने रहना चाहते हैं, इसलिए ऐसा करते हैं। कोई सिर मुंडवा लेगा तो कोई भौंहें मुंडवा लेगा, इस तरह के इवेंट करेंगे। सवाल- जो अपने को कॉकरोच कह रहे हैं उनके लिए क्या कहेंगे? जवाब- जो लोग अपने आप को कॉकरोच कह रहे हैं, उनकी इच्छाशक्ति मर चुकी है। वो लोग निराश लोग हैं, हताश लोग हैं। ऐसे लोग जंग नहीं जीत सकते हैं। देश हमेशा उत्साहवर्धक नौजवानों के दम पर बढ़ा है। देश के जो उत्साहित नौजवान हैं, वो इन षड्यंत्रों में शामिल नहीं होंगे।
सागर के मोतीनगर थाना क्षेत्र स्थित गौंड बब्बा चबूतरा इलाके में युवक की गोली मारकर हत्या करने के मामले में पुलिस ने शनिवार को दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए इन आरोपियों में एक नाबालिग भी शामिल है। इस हत्याकांड में पुलिस अब तक एक महिला सहित कुल पांच आरोपियों को पकड़ चुकी है, जबकि वारदात का मुख्य आरोपी यश अब भी फरार है। पुलिस के अनुसार, यह घटना 21 मई की रात करीब 10:30 बजे की है। पुरानी रंजिश को लेकर आरोपियों ने फरियादी ओम साहू और उसके भाई मयंक साहू के साथ विवाद करते हुए गाली-गलौज की थी। इसी दौरान एक आरोपी ने अवैध हथियार से फायर कर दिया। गोली लगने से मयंक साहू गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसकी बाद में इलाज के दौरान मौत हो गई। विवाद में फरियादी ओम साहू पर भी चाकू से हमला किया गया था। लोकेशन ट्रेस कर दो और को पकड़ाशिकायत दर्ज होने के बाद पुलिस टीमों ने मुखबिर तंत्र और साइबर सेल की मदद से आरोपियों की लोकेशन ट्रेस की। शनिवार को लोकेशन के आधार पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी तुत्तू उर्फ शैलेंद्र रैकवार (22 वर्ष, निवासी तिरुपतिपुरम) और एक नाबालिग को गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल दोनों को थाने लाकर पूछताछ की जा रही है। अब तक एक महिला और 2 नाबालिग सहित 5 गिरफ्तारइससे पहले शुक्रवार को भी पुलिस ने इस हत्याकांड में तीन आरोपियों को पकड़ा था। इनमें आर्यन आठिया (18 वर्ष, निवासी तिली गांव), एक 16 वर्षीय नाबालिग और एक 60 वर्षीय महिला शामिल थी। मोतीनगर थाना प्रभारी जसवंत सिंह ने बताया कि हत्या के इस मामले में कुल 6 आरोपी बनाए गए हैं। इनमें से 5 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। मुख्य आरोपी यश की तलाश में लगातार दबिशपुलिस के मुताबिक, हत्याकांड का मुख्य आरोपी यश अभी भी पुलिस की पकड़ से बाहर है। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की अलग-अलग टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। पुलिस का कहना है कि साक्ष्यों के आधार पर मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
नागालैंड ने सुअर पालकों को भारी नुकसान की आशंका के मद्देनजर एएसएफ पर कड़े प्रतिबंध लगाए
मिजोरम के बाद, नागालैंड सरकार ने राज्य के कई हिस्सों में अफ्रीकन स्वाइन फीवर (एएसएफ) के प्रकोप के मद्देनजर निगरानी और रोकथाम के उपायों को तेज कर दिया है
हरियाणा के सोनीपत में बहन के साथ लव-मैरिज करने पर सगे भाइयों ने युवक के दोस्त की हत्या कर दी। पहले आंखों में मिर्च पाउडर डालकर उसकी बाइक रोकी, इसके बाद सिर में 3 गोलियां गोलियां मारीं। हमलावरों ने लव-मैरिज करने वाले युवक के भाई सागर को भी गोली मारी। सागर की हालत भी गंभीर बनी हुई है। इसके बाद गांव आकर पीड़ित के घर के बाहर भी कई राउंड फायर किए। सोनीपत क्राइम ब्रांच की टीम ने घटना के 10 घंटे बाद ही रविवार सुबह आरोपी दोनों सगे भाइयों को मुठभेड़ में पकड़ लिया। दोनों के पैर में गोली लगी है। गंभीर हालत में दोनों आरोपियों को खानपुर PGI में भर्ती कराया गया। एनकाउंटर से जुड़े PHOTOS… पहले जानिए, युवक की हत्या की पूरी कहानी… डीसीपी बोले- पुलिस पर फायरिंग की डीसीपी नरेंद्र सिंह कादियान ने बताया कि भटगांव निवासी बिट्टू और सागर पर गांव के ही प्रिंस और मोहित ने फायरिंग की थी। बिट्टू के हाथ और सिर में तीन गोलियां लगी थीं, जिससे उसकी मौके पर मौत हो गई। रविवार सुबह इंस्पेक्टर राजीव की टीम ने आरोपियों को रोकने की कोशिश की, लेकिन उन्होंने पुलिस को देखते ही फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में दोनों आरोपियों के पैर में गोली लगी। अभी पूरे मामले की जांच की जा रही है।
बमौरी विधानसभा क्षेत्र के महोदरा स्थित प्राचीन श्री केदारनाथ धाम मंदिर के कपाट एक बार फिर शिव भक्तों के लिए खुल सकते हैं। शनिवार को भोपाल के मैनिट (MANIT) से आई वैज्ञानिकों की एक टीम ने मंदिर और आसपास की चट्टानों का निरीक्षण किया। चट्टान खिसकने के खतरे के कारण प्रशासन ने पिछले 3 साल से यहां श्रद्धालुओं के दर्शन पर पूरी तरह से रोक लगा रखी है। आस्था के प्रमुख केंद्र महोदरा केदारनाथ धाम में पिछले तीन वर्षों से दर्शनार्थियों के जाने पर पाबंदी है। इसके पीछे मुख्य कारण मंदिर के ऊपर स्थित पहाड़ी की चट्टानों में आई एक बहुत चौड़ी दरार है। चट्टानों के खिसकने और किसी संभावित बड़ी दुर्घटना की आशंका को देखते हुए शासन ने सुरक्षा के मद्देनजर दर्शन व्यवस्था को बंद कर दिया था। मैनिट की टीम 3 हफ्ते में सौंपेगी विस्तृत रिपोर्टशनिवार को निरीक्षण के लिए पहुंची भोपाल मैनिट की टीम की सदस्य और सिविल इंजीनियर ज्योति स्वरूप ने बताया कि चट्टानों और मंदिर क्षेत्र के विभिन्न तकनीकी पहलुओं का गहराई से अध्ययन किया गया है। सर्वे के आधार पर टीम अगले तीन सप्ताह में अपनी विस्तृत रिपोर्ट तैयार करेगी। इस रिपोर्ट में जो भी सर्वोत्तम और सुरक्षित विकल्प सामने आएगा, उसी के अनुसार प्रशासन द्वारा मंदिर को फिर से खोलने की आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। सिंधिया के हस्तक्षेप के बाद वैज्ञानिक सर्वे का निर्णयक्षेत्र के लोगों की भारी मांग पर बीते अप्रैल महीने में जनप्रतिनिधियों और मंदिर से जुड़े लोगों ने एक समिति बनाई थी। पूर्व मंत्री महेंद्र सिंह सिसोदिया को सर्वसम्मति से इसका अध्यक्ष चुना गया था। उन्होंने इस समस्या से केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया को अवगत कराते हुए निराकरण का आग्रह किया था। इसके बाद प्रशासन और समिति की चर्चा में यह तय हुआ था कि मंदिर के दर्शन पुनः शुरू करने का स्थायी और सुरक्षित रास्ता केवल वैज्ञानिक पद्धति (साइंटिफिक सर्वे) से ही निकाला जा सकता है। सर्वे के दौरान वन विभाग के अधिकारी और स्थानीय नागरिक भी मौजूद रहे।

