गर्मी के मौसम में आइसक्रीम, शेक और जूस की बढ़ती बिक्री के बीच खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने मिलावट और गुणवत्ता की जांच के लिए विशेष अभियान चलाया। तीन दिन तक चले अभियान में शहर के विभिन्न क्षेत्रों से 22 नमूने लेकर प्रयोगशाला भेजे गए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद मानकों के विपरीत पाए जाने वाले खाद्य पदार्थों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। सहायक आयुक्त (खाद्य) कार्यालय की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के निर्देश पर 27 से 29 मई तक जिले में विशेष प्रवर्तन अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान विभाग की छह टीमों ने आइसक्रीम, आइसकैंडी, फ्रोजन डेजर्ट, शेक और जूस बेचने वाले प्रतिष्ठानों पर पहुंचकर सैंपलिंग की।अरतौनी स्थित मधु आइसक्रीम से आइसकैंडी का नमूना लिया गया, जबकि राजपुर स्थित शरदवंत इंटरप्राइजेज से बटरस्कॉच और वनीला आइसक्रीम के नमूने संग्रहित किए गए। छलेसर के अमर डेयरी हाउस से अमूल बटरस्कॉच, अमूल स्ट्रॉबेरी और अमूल वनीला आइसक्रीम के तीन नमूने जांच के लिए भेजे गए। जूस और शेक की गुणवत्ता परखने के लिए बोदला स्थित जय शिव जूस शॉप से बनाना शेक, डेली गेट स्थित डेली जूस कॉर्नर से मैंगो शेक और बनाना शेक तथा चर्च रोड स्थित एसएसएस फूड क्राफ्ट से स्ट्रॉबेरी शेक और मैंगो शेक के नमूने लिए गए। नरीपुरा के करण जूस कॉर्नर से पाइनएप्पल जूस और बोदला के कुशवाहा जूस भंडार से गन्ने के जूस का नमूना भी जांच के लिए भेजा गया। हरिपर्वत स्थित मां शारदा डिस्ट्रीब्यूटर्स से मधु ऑरेंज आइसक्रीम का नमूना लिया गया। कमला नगर के राधा रानी इंटरप्राइजेज से दो आइसक्रीम और एक आइसकैंडी सहित तीन नमूने एकत्र किए गए। वहीं खंदारी के फ्रेश जूस कॉर्नर से बनाना शेक का नमूना संग्रहित किया गया। अभियान के दौरान शाहगंज स्थित भगत हलवाई से नींबू शिकंजी के दो नमूने लिए गए। फतेहाबाद क्षेत्र की पीपल वाली गली में स्थित प्रतिष्ठानों से भी आइसकैंडी के नमूने संग्रहित किए गए। सभी नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिया गया है।खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद संबंधित खाद्य कारोबारियों के खिलाफ आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। विभाग का कहना है कि उपभोक्ताओं को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के लिए ऐसे अभियान लगातार जारी रहेंगे।
मथुरा के थाना सुरीर पुलिस और सर्विलांस टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए चोरी की एक बड़ी घटना का खुलासा किया है। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से लाखों रुपये के सोने-चांदी के आभूषण बरामद किए हैं। बरामद आभूषणों में लगभग 350 ग्राम सोने के जेवर और 2.3 किलोग्राम चांदी के आभूषण शामिल हैं। यह बरामदगी चोरी की घटनाओं से संबंधित है। पुलिस के अनुसार, मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए नगला बरी की पुलिया के पास यमुना एक्सप्रेसवे से दो युवकों को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान वीरसैन (20 वर्ष) पुत्र रामचंद और कुलदीप उर्फ भोला (23 वर्ष) पुत्र कृपाल सिंह के रूप में हुई है। दोनों सुरीर बिजऊ, थाना सुरीर, जनपद मथुरा के निवासी हैं। दोनों आरोपियों के विरुद्ध थाना सुरीर में मुकदमा संख्या 103/2026, धारा 305ए, 317(2), 317(5) एवं 61(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की गई है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से सोने के कई आभूषण बरामद किए हैं, जिनमें एक कंठी, दो रानी हार, दो गले के सेट, एक हथफूल, दो मंगलसूत्र, दो टीके, चार चूड़ियां, दो नथ, नौ नाक की लौंग, कानों के सूई-धागे, झाले, झुमकी, पुरुषों की तीन और महिलाओं की छह अंगूठियां शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, चांदी के दो तगड़े, चार जोड़ी रेशम पट्टी पायल, एक जोड़ी पायल, तीन चांदी के सिक्के, दो कमरबंद और दो जोड़ी बिछुए भी बरामद किए गए हैं। थाना सुरीर पुलिस का कहना है कि आरोपियों से पूछताछ के आधार पर मामले की विस्तृत जांच की जा रही है। बरामद आभूषणों की पहचान कराने और चोरी की अन्य घटनाओं से इनके संबंधों की भी जांच की जा रही है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर आगे की विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
दिल्ली के साकेत इलाके में शनिवार शाम पांच मंजिला बिल्डिंग गिर गई। मलबे में कई लोगों के दबे होने की आशंका है। दिल्ली फायर सर्विस के अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल किसी के मरने की खबर नहीं है। हादसे की खबर मिलते ही प्रशासन और दिल्ली फायर सर्विस (DFS) की चार गाड़ियां मौके पर पहुंच गई हैं। वहां पर तलाशी अभियान चलाया जा रहा है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि मलबे के नीचे कोई फंसा न हो। बिल्डिंग गिरने के कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है। घटना से जुड़ी 4 तस्वीरें…
बेगूसराय में NH और SH पर अवैध तरीके से होने वाले पार्किंग पर पूरी तरह से रोक लगा दी गी है। इसके साथ ही सड़क सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए डीएम श्रीकांत शास्त्री और एसपी मनीष की ओर से आज महत्वपूर्ण संयुक्त आदेश जारी किया गया है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से पूरे जिले में लागू कर दिया गया है। सर्वोच्च न्यायालय की ओर से SUO MOTO WRIT Petition (Civil) No-09 Of 2025 और संबद्ध WP (C) No-1100 Of 2025 में पारित आदेश और मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग बिहार सरकार के निर्देशों को लेकर जिला प्रशासन की ओर से राष्ट्रीय राजमार्गों (NH) और राज्य राजमार्गों (SH) पर गाड़ी के अवैध पड़ाव पर रोक लगाई गई है। डीएम और एसपी के जारी इस आदेश के तहत जिले से गुजरने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग (NH) और राज्य राजमार्गों (SH) पर किसी भी प्रकार के व्यावसायिक व भारी वाहनों के अनधिकृत पड़ाव को प्रतिबंधित कर दिया गया है। ऐसे सभी वाहनों का पड़ाव केवल निर्धारित और चिन्हित ले-बाय स्थानों पर ही सुनिश्चित किया जाएगा। सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए फैसला सड़कों के किनारे अवैध पार्किंग के कारण उत्पन्न सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम, सुचारू यातायात व्यवस्था और हाईवे सुरक्षा मानकों के प्रभावी अनुपालन के लिए जिले के एनएच और एसएच मार्गों को पांच संवेदनशील क्षेत्रों में विभाजित करते हुए प्रशासनिक पदाधिकारी और पुलिस पदाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की गई है। एनएच-31 पर जीरो माईल से सिमरिया तक, जीरो माईल से बेगूसराय रेलवे स्टेशन तक तथा रेलवे स्टेशन से हीरा टोल मोड़ तक के खंड, एनएच-122 (बी) पर जीरो माईल से बछवाड़ा टोल तक तथा एसएच-55 पर रेलवे स्टेशन से मंझौल होते हुए सागी तक शामिल हैं। इन सभी क्षेत्रों में संबंधित SDO, DSP और प्रवर्तन दलों को समन्वित कार्रवाई करने का दायित्व सौंपा गया है। इन सड़कों के किनारे अवैध रूप से खड़े वाहनों के खिलाफ नियमित जांच अभियान चलाया जाएगा, जुर्माना लगाया जाएग। इसके साथ ही राजमार्गों की भूमि पर किए गए अतिक्रमण को प्राथमिकता के आधार पर हटाने, दुर्घटना संभावित स्थलों पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने, ट्रक ले-बाय सुविधाओं के विकास और आपातकालीन सहायता व्यवस्था को प्रभावी बनाने पर भी बल दिया गया है। डीएम ने बताया कि सभी प्रतिनियुक्त प्रवर्तन अवर निरीक्षकों और चलंत दस्ता सिपाहियों को प्रतिदिन जांच किए गए वाहनों, की गई शमन कार्रवाई और जीपीएस-युक्त तस्वीरों सहित प्रतिवेदन जिला परिवहन कार्यालय के अधिकृत समूह में साझा करने का निर्देश दिया गया है। डीटीओ राजीव कुमार और यातायात डीएसपी रंजीत कुमार को नोडल पदाधिकारी बनाया गया है। वहीं, मोटरयान निरीक्षक अंजली सिन्हा को सभी प्रवर्तन अवर निरीक्षकों से रोजाना रिपोर्ट संकलित कर डीटीओ को उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी दी गई है। जिससे समेकित प्रतिवेदन परिवहन रिपोर्ट भेजा जा सके। नगर आयुक्त, सभी एसडीओ, सीओ और नगर निकायों के कार्यपालक पदाधिकारियों को एनएचएआई के समन्वय से अपने-अपने क्षेत्रों में व्यापक अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाने का निर्देश दिया गया है। ट्रैफिक डीएसपी को नियमित गश्ती और जीपीएस आधारित साक्ष्यों के साथ प्रभावी दंडात्मक कार्रवाई करने को कहा गया है।
कोंडागांव। भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) की 41वीं वाहिनी ने अबूझमाड़ के दूरस्थ ग्रामीण युवाओं को रोजगार से जोड़ने और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में नई पहल शुरू की है। इसके तहत कोंडागांव स्थित सामरिक मुख्यालय में कुतुल, पदमकोट और नेलानगुरु गांवों के युवाओं के लिए निःशुल्क साइकिल मरम्मत प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की जा रही है। आईटीबीपी द्वारा आयोजित यह दो सप्ताह की कार्यशाला पूरी तरह व्यावहारिक प्रशिक्षण पर आधारित है। इसमें युवाओं को साइकिल की मरम्मत, रखरखाव और तकनीकी समस्याओं के समाधान की जानकारी दी जा रही है, ताकि वे प्रशिक्षण के बाद अपने गांवों में ही स्वरोजगार शुरू कर सकें। प्रशिक्षण के बाद मिलेगी साइकिल और रिपेयर किट प्रशिक्षण के दौरान युवाओं को साइकिल के विभिन्न पुर्जों, उनकी देखभाल और मरम्मत की आधुनिक तकनीकों से भी अवगत कराया जा रहा है। आईटीबीपी ने बताया कि प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा करने वाले सभी प्रशिक्षुओं को एक साइकिल और रिपेयर किट प्रदान की जाएगी। इससे युवा अपने गांवों में साइकिल मरम्मत केंद्र शुरू कर सकेंगे और स्थानीय स्तर पर आय का साधन विकसित कर पाएंगे। इस पहल से ग्रामीणों को भी लाभ मिलेगा, क्योंकि छोटे-मोटे मरम्मत कार्यों के लिए उन्हें दूर के बाजारों या कस्बों का रुख नहीं करना पड़ेगा। रोजगार और सुविधा दोनों पर फोकस आईटीबीपी की इस पहल का उद्देश्य केवल कौशल विकास तक सीमित नहीं है, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ाना और आवागमन को सुगम बनाना भी है। अबूझमाड़ जैसे दुर्गम इलाकों में आज भी साइकिल परिवहन का प्रमुख साधन है। ऐसे में गांवों में ही मरम्मत सुविधा उपलब्ध होने से छात्रों, किसानों, व्यापारियों और आम ग्रामीणों को सीधा फायदा मिलेगा। ग्रामीणों से जुड़ाव मजबूत करने की पहल 41वीं वाहिनी के कमांडेंट बेनुधर नायक ने बताया कि यह कार्यक्रम डीआईजी भुवनेश्वर के मार्गदर्शन में संचालित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आईटीबीपी का लक्ष्य युवाओं को केवल प्रशिक्षण देना नहीं, बल्कि उन्हें आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराकर आत्मनिर्भर बनाना भी है। उन्होंने कहा कि आईटीबीपी ऐसे जनकल्याणकारी कार्यक्रमों के माध्यम से ग्रामीण समुदायों के साथ अपने संबंधों को लगातार मजबूत करने का प्रयास कर रही है। शिक्षा, स्वास्थ्य और व्यापार को मिलेगा लाभ इस पहल से अबूझमाड़ क्षेत्र के कई परिवारों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष लाभ मिलने की उम्मीद है। गांवों में साइकिल मरम्मत सुविधा उपलब्ध होने से शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं और छोटे कारोबार के लिए आवागमन आसान होगा। साथ ही स्थानीय स्तर पर नए स्वरोजगार के अवसर भी विकसित होंगे, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
10 हजार का इनामी अरेस्ट:सहरसा पुलिस ने कटिहार रेलवे स्टेशन से दबोचा,लूट मामले में चल रहा था फरार
सहरसा पुलिस ने 10 हजार रुपये के इनामी कुख्यात अपराधी ललटू कुमार उर्फ ललटू यादव को कटिहार रेलवे स्टेशन के पास से गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर गठित विशेष टीम ने यह कार्रवाई की। ललटू यादव कई संगीन मामलों में वांछित था। शनिवार के शाम 7:00 बजे सहरसा सदर थाना परिसर में प्रेस वार्ता करते हुए सदर एसडीपीओ आलोक कुमार ने बताया कि ललटू यादव बैजनाथपुर थाना कांड संख्या 59/26 के लूट मामले में लंबे समय से फरार चल रहा था। उसकी गिरफ्तारी पर 10 हजार रुपये का इनाम घोषित था। बैजनाथपुर थानाध्यक्ष को गुप्त सूचना मिली थी कि आरोपी कटिहार रेलवे स्टेशन के आसपास ठिकाना बदल रहा है। सूचना के आधार पर सहरसा एसपी के निर्देश पर सदर एसडीपीओ आलोक कुमार के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया। इस टीम में बैजनाथपुर थाना, पस्तपार थाना और जिला आसूचना इकाई (डीआईयू) के अधिकारी व जवान शामिल थे। पुलिस ने कटिहार रेलवे स्टेशन के आसपास घेराबंदी कर सुनियोजित छापेमारी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। लंबा आपराधिक इतिहास-पुलिस गिरफ्तार अपराधी की पहचान पस्तपार थाना क्षेत्र के रहुआ वार्ड संख्या-06 निवासी ललटू कुमार उर्फ ललटू यादव के रूप में हुई है, जिसके पिता का नाम सुबोध यादव है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, उसका आपराधिक इतिहास काफी लंबा है। वह सहरसा और मधेपुरा जिले के कई लूट और डकैती मामलों में वांछित था। बसनही थाना में मामले दर्ज उसके खिलाफ सहरसा जिले के सदर थाना, भर्राही थाना और बसनही थाना में मामले दर्ज हैं। इसके अतिरिक्त, मधेपुरा जिले के सदर थाना, मुरलीगंज थाना और ग्वालपाड़ा थाना में भी लूट एवं डकैती से जुड़े कई मामले दर्ज हैं। पुलिस ने बताया कि आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार अपने ठिकाने बदल रहा था। इस विशेष अभियान का नेतृत्व सदर एसडीपीओ आलोक कुमार ने किया। टीम में बैजनाथपुर थानाध्यक्ष अखिलेश कुमार, पस्तपार थानाध्यक्ष विजय पासवान, सब-इंस्पेक्टर खुशबू कुमारी, जिला आसूचना इकाई के पदाधिकारी एवं कर्मी, तथा दोनों थानों के सशस्त्र बल के जवान शामिल थे।
कानपुर देहात के शिवली कोतवाली क्षेत्र स्थित प्रसिद्ध योगेश्वर मंदिर में हुई 18 लाख रुपये की चोरी का पुलिस ने 24 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। पुलिस ने चोरी की गई पूरी रकम और एक आईफोन 15 समेत दो चोरों को गिरफ्तार किया है। चोरों ने मंदिर के दानपात्र से यह बड़ी रकम चुराई थी। पुलिस के अनुसार, आरोपी अक्सर मंदिर आते थे और मौका पाकर चोरी को अंजाम दिया। चोरी की गई रकम से उन्होंने एक आईफोन 15 खरीदा था। घटना के बाद शिवली पुलिस तुरंत सक्रिय हुई और ताबड़तोड़ छापेमारी कर महज 24 घंटे के भीतर मामले का सफल अनावरण किया। पुलिस ने चोरी की गई पूरी रकम और मोबाइल फोन बरामद कर दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। हालांकि, मंदिर के महंत योगेश्वर सरकार ने फिलहाल इस मामले में एफआईआर दर्ज कराने से इनकार कर दिया है। पुलिस ने चोरी की गई रकम महंत को सौंप दी है।
बेगूसराय में बरौनी रिफाइनरी के कार्यकारी निदेशक और रिफाइनरी प्रमुख सत्य प्रकाश ने कहा है कि बरौनी रिफाइनरी राष्ट्र को ईंधन आपूर्ति के प्रति प्रतिबद्ध है। साथ ही स्वच्छ ऊर्जा विकल्पों के निर्माण की दिशा में भी अग्रसर है। उन्होंने बताया कि इंडियन ऑयल सतत विकास की दिशा में नेट जीरो 2046 लक्ष्य की ओर सार्थक कदम उठा रहा है। आज ऑफिसर्स क्लब में आयोजित प्रेसवार्ता में उन्होंने कहा कि बरौनी रिफाइनरी ने हरित विकल्पों पर ध्यान केंद्रित किया है, सौर ऊर्जा रूफटॉप की स्थापना किया है। हाल ही में सबस्टेशन 44 पर 140 kWp रूफटॉप सोलर पीवी सिस्टम का कमीशनिंग किया गया है। इसके साथ ही रिफाइनरी की नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता 2.57 मेगावॉट से बढ़कर 2.71 मेगावॉट हो गई है। इससे हर साल करीब 24 लाख की ऊर्जा बचत होगी और 1.5 लाख किलोग्राम CO₂ उत्सर्जन में कमी आएगी। उन्होंने विस्तारीकरण परियोजना की भी चर्चा की। इस दौरान प्रसंस्करण प्रबंधक नेहा कुमारी ने प्रस्तुति के माध्यम से 2025-26 की तकनीकी उपलब्धियों और बरौनी रिफाइनरी की ओर से अर्जित पुरस्कारों का विवरण साझा किया। कॉर्पोरेट सामाजिक दायित्वों की जानकारी दी बताया कि बरौनी रिफाइनरी को गर्व है कि वह फॉर्च्यून ग्लोबल 500 में 127वें स्थान पर है। इस वित्तीय वर्ष में रिफाइनरी ने 94.2 EII, 231 TMT ATF उत्पादन और 325.2 TMT EBMS उत्पादन हासिल किया।मुख्य प्रबंधक (ईएमएस, सीएसआर) नीरज कुमार ने किए गए कॉर्पोरेट सामाजिक दायित्वों की जानकारी दी। बताया गया कि बरौनी रिफाइनरी ने सामाजिक उत्तरदायित्व और मानवीय पहल में भी उल्लेखनीय काम किए। क्षय रोग के निदान के लिए जिला टीबी केंद्र को TrueNAT मशीनें सौंपी गई। तीव्र और अत्यधिक सटीक निदान तकनीक वाली यह अत्याधुनिक मशीन TB की शीघ्र पहचान और प्रभावी प्रबंधन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। इसके अलावा बरौनी रिफाइनरी ने कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय में स्माइल्स वी स्प्रेड पहल के माध्यम से 10 से 14 साल की करीब 100 बच्चियों की रोजमर्रा की जिंदगी को आसान बनाने और पूरी तरह से आगे बढ़ने के लिए उन्हें स्वच्छता किट, स्पोर्ट्स किट, दैनिक जीवन के समान, स्टडी किट और स्कूल बैग उपहार में दिए। इनडोर गेम्स लूडो, शतरंज और कैरम के अलावे आउटडोर गेम्स जैसे बास्केटबॉल, फुटबॉल,क्रिकेट बैट और बैडमिंटन रैकेट भी उपहारों में शामिल किए गए थे। यह संसाधन बच्चियों को सक्रिय रहने, आत्म विश्वास बढ़ाने और पढ़ाई व खेल के बीच एक स्वस्थ संतुलन बनाने के अवसर प्रदान करेंगे। शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यावरण और सामुदायिक विकास में रिफाइनरी ने स्थानीय समाज को सशक्त बनाने में सदैव योगदान दिया है। प्रेस वार्ता के माध्यम से बरौनी रिफाइनरी ने मीडिया और जनता के बीच विश्वास और संबंधों को और मजबूत करने का संकल्प लिया है। इसके साथ ही अधिकारियों ने समाज की सेवा में निरंतर तत्पर रहने के लिए प्रतिबद्ध जताई है।
हिंदी पत्रकारिता दिवस के अवसर पर ऑल इंडिया न्यूजपेपर संगठन और सोशल मीडिया संगठन के संयुक्त तत्वावधान में अन्नपूर्णा मंदिर में कार्यक्रम आयोजित किया गया। वक्ताओं ने कहा कि लोकतंत्र की सफलता काफी हद तक पत्रकारिता की गुणवत्ता और विश्वसनीयता पर निर्भर करती है। चौथे स्तंभ की मजबूती से ही लोकतंत्र को मजबूती मिल सकती है। वक्ताओं ने हिंदी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूरे होने पर बधाई देते हुए बताया कि 30 मई 1826 को कोलकाता से पंडित जुगल किशोर शुक्ल द्वारा हिंदी के पहले समाचार पत्र ‘उदंत मार्तंड’ का प्रकाशन शुरू किया गया था। उन्होंने कहा कि इस पत्र ने स्वतंत्रता आंदोलन की चेतना जगाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। कार्यक्रम में पत्रकारिता के इतिहास, बदलते स्वरूप और संचार क्रांति पर भी चर्चा हुई। वक्ताओं ने कहा कि आज तकनीक के दौर में समाचार केवल पढ़े और सुने ही नहीं जाते, बल्कि सीधे देखे भी जा सकते हैं। इसके बावजूद प्रिंट मीडिया की विश्वसनीयता आज भी कायम है। वक्ताओं ने पत्रकारों से निष्पक्षता, सामाजिक सरोकार और पत्रकारिता के मूल सिद्धांतों को बनाए रखने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि पत्रकार समाज का दर्पण होता है और उसकी कलम से लिखी गई बातें समाज की सोच और इतिहास दोनों को प्रभावित करती हैं। इस अवसर पर वरिष्ठ पत्रकारों, अतिथियों और महिलाओं को दुपट्टा, साफा और तुलसी का पौधा भेंट कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में एससी-एसटी आयोग के सदस्य नरेंद्र सिंह खजूरी, मौलाना मसूदुर रहमान शाहीन जमाली, नीरज कांत राही, पुष्पेंद्र शर्मा, प्रदीप वत्स, नरेश उपाध्याय, सुमित मोहन शर्मा, डॉ. सुधाकर आशावादी सहित बड़ी संख्या में पत्रकार और गणमान्य लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता चौधरी यशपाल सिंह ने तथा संचालन रवि कुमार बिश्नोई ने किया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ।
सहारनपुर के वेल्डर की जम्मू में मौत:परिजनों ने ठेकेदार पर छत से धक्का देने का आरोप लगाया
सहारनपुर के गागलहेड़ी क्षेत्र के कैलाशपुर गांव निवासी बृजेश कुमार की जम्मू में संदिग्ध परिस्थितियों में छत से गिरने के बाद उपचार के दौरान मौत हो गई। परिजनों ने ठेकेदार पर उन्हें छत से धक्का देकर हत्या करने का आरोप लगाया है। बृजेश कुमार वेल्डिंग का काम करते थे और सहारनपुर का एक ठेकेदार उन्हें काम के लिए जम्मू ले गया था। उनके दो बेटे भी उनके साथ जम्मू में मौजूद थे। बताया जा रहा है कि गुरुवार को बृजेश और ठेकेदार के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हुई थी। आरोप है कि विवाद बढ़ने पर ठेकेदार ने बृजेश को छत से धक्का दे दिया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। बृजेश कुमार की मौत की सूचना मिलते ही परिजनों में गहरा दुख छा गया। शुक्रवार शाम जब उनका शव गांव कैलाशपुर पहुंचा, तो परिवार में मातम पसर गया। अंतिम दर्शन के लिए ग्रामीण और रिश्तेदार बड़ी संख्या में जुट गए। घटना की जानकारी मिलने पर भीम आर्मी के जिला प्रभारी सन्नी गौतम भी कैलाशपुर पहुंचे। उन्होंने परिजनों से मुलाकात कर पूरे मामले की जानकारी ली। सन्नी गौतम ने बताया कि मृतक बृजेश कुमार मेहनत-मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते थे। उन्होंने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कराने, आरोपी ठेकेदार के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने और पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता व मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया है।
कालपी में ट्रेन से कटकर अधेड़ की मौत:जीआरपी ने शव पोस्टमार्टम को भेजा, परिजनों को सूचना दी
जालौन के कालपी रेलवे स्टेशन पर शनिवार को एक दर्दनाक हादसे में अधेड़ व्यक्ति की ट्रेन से कटकर मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही रेलवे स्टेशन परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। सूचना पर पहुंची जीआरपी पुलिस ने मौके का निरीक्षण कर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। हादसे के बाद मृतक के परिवार में कोहराम मच गया और पूरे मोहल्ले में शोक की लहर दौड़ गई। कालपी रेलवे स्टेशन के ट्रैक पर शनिवार को 50 वर्षीय व्यक्ति ट्रेन की चपेट में आ गया, जिससे उसकी मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही जीआरपी चौकी इंचार्ज संजना सिंह अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचीं। उनके साथ हेड कांस्टेबल सुशील कुमार, सिपाही अशोक कुमार एवं आशीष सिंह भी मौजूद रहे। पुलिस टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण करते हुए आसपास मौजूद लोगों से पूछताछ की और मृतक की पहचान कराने का प्रयास शुरू किया। काफी प्रयासों के बाद मृतक की शिनाख्त चुन्ना पुत्र महबूब निवासी मोहल्ला मिर्जा मंडी, कस्बा कालपी के रूप में हुई। पहचान होने के बाद पुलिस ने परिजनों को घटना की सूचना दी। जैसे ही चुन्ना की मौत की खबर घर पहुंची, परिवार में चीख-पुकार मच गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। मोहल्ले के लोग भी बड़ी संख्या में मृतक के घर पहुंच गए और परिवार को ढांढस बंधाया। बताया गया है कि मृतक अपने पीछे तीन बच्चों का भरा-पूरा परिवार छोड़ गया है। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है तथा घटना के कारणों की जांच की जा रही है।
रामपुर में चाइनीज मांझे से बच्ची घायल:ईद का मेला देखने जाते हुए गर्दन कटी, 50 टांके लगे
रामपुर में प्रतिबंधित चाइनीज मांझे की चपेट में आने से मुंबई की चार वर्षीय बच्ची गंभीर रूप से घायल हो गई। बच्ची की गर्दन में गहरा कट लगा, जिसके बाद डॉक्टरों को करीब 50 टांके लगाने पड़े। यह घटना शुक्रवार शाम को हुई, जब मुंबई निवासी तारिक खान अपनी चार वर्षीय बेटी सारा खान के साथ ईद का मेला देखने जा रहे थे। बिलासपुर गेट क्षेत्र में पेट्रोल पंप के पास सड़क पर लटक रहे चाइनीज मांझे से सारा की गर्दन बुरी तरह कट गई। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। परिजन तुरंत बच्ची को नजदीकी क्लीनिक ले गए। चिकित्सकों ने बताया कि बच्ची अब खतरे से बाहर है। इस घटना ने एक बार फिर शहर में प्रतिबंधित चाइनीज मांझे की बिक्री और उपलब्धता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। परिजनों और स्थानीय लोगों ने प्रशासन से जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। गंज थाना प्रभारी पवन शर्मा ने शनिवार रात बताया कि पुलिस चाइनीज मांझे के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है। उन्होंने जानकारी दी कि अब तक दो लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। शर्मा ने कहा कि हाल की घटनाओं को गंभीरता से लिया जा रहा है और पुलिस का पूरा ध्यान इस पर है। जल्द ही विशेष अभियान चलाकर चाइनीज मांझे की बिक्री करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
रियल स्टेट सेक्टर ने सरकार से की समय की मांग:कंस्ट्रक्शन कॉस्ट में उछाल से बढ़ी चिताएं
कंस्ट्रक्शन कॉस्ट बढ़ने के कारण रियल स्टेट कारोबारी सकते में हैं। कारोबारी परेशान हैं, उनके अनुसार कंस्ट्रक्शन कॉस्ट बढ़ने का सीधा असर बाजार पर होगा। बिल्डर की बनाई इमारतें महंगी बनेंगी, तो न चाहते हुए भी उसे भवनों की कीमतें बढ़ानी पड़ेंगी। जिसके कारण बाजार प्रभावित होगा। मेरठ सहित एनसीआर के बिल्डर्स ने सरकार से राहत की मांग की है। सरकार बिल्डर्स को थोड़ा समय दे। शनिवार को मेरठ सहित वेस्टयूपी के रियल स्टेट कारोबारियों की ऑनलाइन बैठक हुई, जिसमें सरकार को बिल्डर्स द्वारा अपना मांगपत्र देने की बात पर सहमति बनी है। बैठक में किसने क्या कहा… - क्रेडाई वेस्टर्न यूपी के प्रेसिडेंट दिनेश गुप्ता ने बताया कि निर्माण सामग्री की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी और कई उत्पादों की सीमित उपलब्धता ने सेक्टर की चुनौतियां बढ़ा दी हैं। - एक्सॉटिका हाउसिंग के एमडी दिनेश जैन ने कहा कि “सिर्फ लागत बढ़ना ही चिंता का विषय नहीं है, बल्कि जरूरी मटेरियल की उपलब्धता भी बड़ी समस्या बन चुकी है। जब समय पर सामग्री नहीं मिलती तो प्रोजेक्ट्स की टाइमलाइन प्रभावित होती है और वित्तीय बोझ बढ़ता है। - आरजी ग्रुप के एमडी हिमांशु गर्ग ने कहा कि “निर्माण लागत में लगातार बढ़ोतरी डेवलपर्स के लिए बड़ी चुनौती बनती जा रही है। अब तक अधिकांश कंपनियां अतिरिक्त लागत का बड़ा हिस्सा स्वयं वहन कर रही थीं, लेकिन कच्चे माल और श्रम की कीमतों में वृद्धि लंबे समय तक जारी रहती है तो इसका असर अंततः फ्लैटों और रेजिडेंशियल प्रॉपर्टी की कीमतों पर भी दिखाई दे सकता है।” - श्री केबी ग्रुप के फाउंडर राकेश सिंघल ने कहा कि रियल एस्टेट सेक्टर आज ऐसे दौर से गुजर रहा है जहां डेवलपर्स को टेक्नोलॉजी, बेहतर प्लानिंग और वैकल्पिक संसाधनों का सहारा लेना पड़ रहा है। यदि हालात में सुधार नहीं हुआ तो आने वाले महीनों में घर ख़रीदार को अधिक कीमत का सामने करना पढ़ सकता है । - विजन बिजनेस पार्क के फाउंडर अतुल विक्रम सिंह ने कहा कि बढ़ती लागत और प्रोजेक्ट्स में देरी का दबाव लगातार बढ़ रहा है। यदि सप्लाई चेन की चुनौतियां और श्रमिकों की कमी बनी रहती है तो डेवलपर्स के लिए मौजूदा कीमतों पर प्रोजेक्ट पूरा करना मुश्किल होगा।
औरंगाबाद में करंट लगने से किसान की मौत:खेत देखने गए थे, हाई टेंशन तार की चपेट में आने से गई जान
औरंगाबाद के नवीनगर प्रखंड अंतर्गत माली थाना क्षेत्र के विश्रामपुर गांव में एक हादसे में 33 साल के किसान की मौत हो गई। मृतक की पहचान गांव निवासी रामनंदन मेहता के बेटे विश्वनाथ कुमार मेहता के रूप में हुई है। विश्वनाथ शनिवार को अपने खेत की स्थिति देखने के लिए घर से पैदल बधार की ओर गए थे। इसी दौरान पहले से टूटकर जमीन पर गिरे हाई टेंशन विद्युत तार की चपेट में आने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई। परिजनों के अनुसार हाल ही में आए तेज आंधी-तूफान के दौरान हाई टेंशन तार टूटकर खेत में गिर गया था। तार में विद्युत प्रवाह जारी था, लेकिन इसकी जानकारी विश्वनाथ को नहीं थी। खेत की ओर जाते समय वह तार को देख नहीं सके और उसकी चपेट में आ गए। करंट लगने से उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। ग्रामीणों ने देखा थे शव घटना के बाद काफी देर तक विश्वनाथ का शव खेत में ही पड़ा रहा। बाद में खेतों में काम करने पहुंचे ग्रामीणों की नजर उन पर पड़ी। जब लोगों ने पास जाकर देखा तो वह हाई टेंशन तार की चपेट में आकर मृत पड़े थे। इसके बाद ग्रामीणों ने शोर मचाया और परिजनों को सूचना दी। मौके पर पहुंचे परिजनों और ग्रामीणों ने किसी तरह उन्हें तार से अलग किया और इलाज के लिए औरंगाबाद सदर अस्पताल पहुंचाया। हालांकि अस्पताल में चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलने पर नगर थाना पुलिस सदर अस्पताल पहुंची और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी कर शव का पोस्टमार्टम कराया। इसके बाद शव परिजनों को अंतिम संस्कार के लिए सौंप दिया गया। बिजली विभाग पर लापरवाही का आरोप, मुआवजे की मांग घटना को लेकर स्थानीय लोगों में आक्रोश है। बैरिया पंचायत के मुखिया प्रतिनिधि उपेंद्र कुमार मेहता ने बिजली विभाग पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि एक दिन पहले आए आंधी-तूफान में कई स्थानों पर बिजली के तार टूटकर गिर गए थे, लेकिन विभाग की ओर से कोई निरीक्षण नहीं किया गया।उन्होंने कहा कि यदि बिजली कर्मी समय पर ग्रामीण क्षेत्रों में जाकर टूटे हुए तारों की जांच कर उन्हें हटाते या बिजली आपूर्ति बंद कराते, तो विश्वनाथ की जान बच सकती थी। उन्होंने जिला प्रशासन से मृतक के परिजनों को उचित मुआवजा देने और मामले की जांच कराने की मांग की है। माली थानाध्यक्ष ने बताया कि बिजली करंट की चपेट में आने से किसान की मौत की सूचना मिली है। परिजनों की ओर से आवेदन मिलने पर आगे की आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है।
नवादा रोगी कल्याण समिति के सदस्यों ने आज सदर अस्पताल का निरीक्षण किया। इस दौरान रक्त जांच (ब्लड टेस्ट) की व्यवस्था एक छोटे कमरे में संचालित होने के कारण मरीजों को हो रही असुविधा पर संज्ञान लिया गया। समिति ने पाया कि छोटे कमरे में जांच होने से मरीजों और उनके परिजनों को धूप, बारिश जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा था। इस पर तत्काल कार्रवाई करते हुए, अस्पताल के बड़े हॉल में रक्त जांच व्यवस्था को स्थानांतरित करने का निर्देश दिया गया। हॉल को खुलवाकर मरीजों के लिए बेहतर सुविधा सुनिश्चित की गई। निरीक्षण के दौरान इमरजेंसी विभाग में कुछ चिकित्सकों द्वारा मरीजों का दूर से ही परीक्षण किए जाने की शिकायत भी मिली। समिति ने चिकित्सकों को निर्देश दिया कि वे अपने चैंबर में बैठकर मरीजों का समुचित परीक्षण और उपचार करें, ताकि उन्हें बेहतर स्वास्थ्य सेवा मिल सके। रोगी कल्याण समिति का उद्देश्य नवादा सदर अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक व्यवस्थित और जनहितकारी बनाना है। अस्पताल की अन्य समस्याओं और आवश्यक सुधारों को लेकर समिति शीघ्र ही बिहार सरकार के स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार से मुलाकात कर पहल करेगी। इस निरीक्षण में भाजपा नेता सह रोगी कल्याण समिति सदस्य अरविंद कुमार गुप्ता, नंदकिशोर चौरसिया, निशा राजवंशी, जेडीयू नेता सह रोगी कल्याण समिति सदस्य राजेंद्र प्रसाद उर्फ ज्योति पासवान, मंजू चन्द्रवशी, डॉक्टर कौशल कुमार के साथ जिला परिषद अध्यक्ष पुष्पा कुमारी और नगरपरिषद अध्यक्ष पिंकी कुमारी उपस्थित रहीं।
मौसम विभाग की चेतावनी के बाद सलूंबर जिला प्रशासन ने हाई अलर्ट जारी किया है। अगले 2 से 3 घंटों में उदयपुर संभाग और आसपास के क्षेत्रों में तेज़ आंधी-तूफ़ान, धूलभरी आंधी, मध्यम से भारी बारिश, ओलावृष्टि और आकाशीय बिजली गिरने की प्रबल संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, कुछ क्षेत्रों में हवाओं की रफ्तार 80 से 100 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है। इससे पेड़ गिरने, बिजली आपूर्ति बाधित होने और जनहानि की आशंका है। इसी के मद्देनजर जिला प्रशासन ने नागरिकों से अनावश्यक रूप से घरों से बाहर न निकलने की अपील की है। प्रशासन ने सावनधानी बरतने की सलाह दी प्रशासन ने विशेष रूप से किसानों, पशुपालकों और ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। उन्हें पशुओं को सुरक्षित स्थानों पर रखने तथा कच्चे मकानों, बिजली के खंभों, बड़े पेड़ों और होर्डिंग्स से दूर रहने का आग्रह किया गया है। आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा मोबाइल फोन पर भी चेतावनी संदेश प्रसारित किए जा रहे हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसी भी आपात स्थिति में केवल मौसम विभाग और प्रशासन की आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें तथा अफवाहों से बचें।
फलोदी में बस-कार की टक्कर, 4 की मौत:एक घायल जोधपुर रेफर, मंडला कला गांव के पास हादसा
फलोदी जिले के मंडला कला गांव के पास शनिवार शाम 7.45 बजे निजी बस और कार की टक्कर हो गई। हादसे में कार में सवार चार लोगों की मौत हो गई, जबकि एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। देचू सरकारी अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद घायल युवक को जोधपुर रेफर किया गया है। फलोदी थानाधिकारी भंवराराम ने बताया- मृतकों और घायल व्यक्ति की पहचान अभी नहीं हो पाई है। शवों को देचू मॉर्च्युरी में रखवाया गया है। खबर अपडेट की जा रही है….
आलीराजपुर जिले के उदयगढ़ थाना परिसर में खड़ी दो बाइक 24 मई की रात चोरी हो गईं। अज्ञात बदमाशों ने पुलिस सुरक्षा के बीच खड़ी इन गाड़ियों को निशाना बनाया और फरार हो गए। शनिवार को घटना सामने आने के बाद पुलिस ने आरोपियों की तलाश तेज कर दी है। निर्माण कार्य के कारण सुरक्षा व्यवस्था हुई प्रभावित जोबट एसडीओपी के अनुसार थाना परिसर के समीप बाउंड्री वॉल का निर्माण कार्य चल रहा है। दीवार टूटी होने के कारण परिसर की सुरक्षा व्यवस्था कमजोर हुई थी। बदमाशों ने इसी स्थिति का फायदा उठाकर परिसर में घुसे और चोरी की। सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस पुलिस ने अज्ञात चोरों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। आरोपियों का सुराग लगाने के लिए थाने और आसपास के क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। इसके साथ ही साइबर सेल और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की मदद ली जा रही है। परिसर की सुरक्षा पर उठे सवाल थाना परिसर से हुई इस चोरी के बाद स्थानीय नागरिकों ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि जब पुलिस थाना ही सुरक्षित नहीं है, तो आम जनता की सुरक्षा को लेकर चिंता बनी हुई है। पुलिस अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही बाइक बरामद कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
खगड़िया के सबलपुर गांव में मालती धार में डूबने से हुई युवक सौरभ कुमार की मौत के बाद राज्य सरकार ने पीड़ित परिवार को चार लाख रुपये का अनुग्रह अनुदान प्रदान किया है। शनिवार को सदर विधायक बबलू कुमार मंडल ने मृतक के परिजनों को सहायता राशि का चेक सौंपा और उन्हें सांत्वना दी। यह घटना सदर विधानसभा क्षेत्र के माड़र उत्तर पंचायत अंतर्गत सबलपुर गांव में हुई थी। सबलपुर निवासी शत्रुघ्न कुमार पासवान के पुत्र सौरभ कुमार की बीते शुक्रवार की देर रात मालती धार में डूबने से मृत्यु हो गई थी। इस दुखद घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल था। विधायक बबलू कुमार मंडल ने मृतक के घर पहुंचकर परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने परिवार की पीड़ा साझा करते हुए कहा कि किसी भी माता-पिता के लिए अपने जवान बेटे को खोना सबसे बड़ा दुख होता है। उन्होंने बताया कि यह सहायता राशि पीड़ित परिवार को इस कठिन समय में कुछ आर्थिक संबल प्रदान करेगी। हर संभव सहायता का भरोसा विधायक ने इस बात पर जोर दिया कि बिहार सरकार आपदा राहत प्रावधानों के तहत पीड़ित परिवारों के साथ संवेदनशीलता के साथ खड़ी है। उन्होंने परिजनों को आश्वासन दिया कि भविष्य में भी आवश्यकता पड़ने पर हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। इस अवसर पर विधायक ने दिवंगत सौरभ कुमार को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। स्थानीय ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने भी मृतक के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की और शोक संतप्त परिवार के प्रति सहानुभूति जताई। विधायक ने कहा कि एक जनसेवक के रूप में वे क्षेत्र की जनता के सुख-दुख में हमेशा साथ खड़े हैं। उन्होंने यह भी दोहराया कि वे जरूरतमंद परिवारों तक सरकारी योजनाओं और सहायता का लाभ पहुंचाने के लिए निरंतर प्रयासरत रहेंगे।
पठानकोट जिले के सरकारी स्कूलों में पढ़ रहे विद्यार्थियों को दिए जाने वाले दोपहर के भोजन (Mid-Day Meal) को पूरी तरह पारदर्शी, सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण बनाने के उद्देश्य से एक उच्च स्तरीय मासिक समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। जिला शिक्षा अधिकारी (एलीमेंट्री) कमलदीप कौर की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में जिले के सभी मिड-डे मील एबीएम (Assistant Block Managers) और वर्कर शामिल हुए। इस मौके पर उप जिला शिक्षा अधिकारी (एलीमेंट्री) डी.जी. सिंह भी विशेष रूप से उपस्थित रहे और व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करने पर चर्चा की। भोजन की गुणवत्ता और निर्धारित मेन्यू का पालन अनिवार्य बैठक को संबोधित करते हुए जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) कमलदीप कौर ने कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि बच्चों को परोसे जाने वाले भोजन की गुणवत्ता (Quality) से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कड़ाई से कहा कि सभी सरकारी स्कूलों में सरकार द्वारा निर्धारित वीकली मेन्यू के अनुसार ही ताजा, गर्म और पौष्टिक भोजन तैयार कर विद्यार्थियों को परोसा जाए, ताकि उनके पोषण स्तर में सुधार हो सके। हाइजीन (Hygiene) पर विशेष जोर: रसोई घर और बर्तनों की रोज होगी सफाई डीईओ ने स्कूलों में स्वच्छता और स्वास्थ्य सुरक्षा मानकों (Safety Standards) को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की बात कही। उन्होंने निर्देश दिए कि स्कूलों के रसोई घरों (Kitchen Sheds), भोजन पकाने वाले स्थानों और बर्तनों की नियमित व सघन सफाई सुनिश्चित की जाए। भोजन तैयार करने और उसे बच्चों को परोसने के दौरान मिड-डे मील वर्कर पूरी तरह स्वच्छता का ध्यान रखें, ताकि विद्यार्थियों को पूरी तरह सुरक्षित और जीवाणु-मुक्त भोजन मिल सके। स्टॉक रजिस्टर और ऑनलाइन पोर्टल को अप-टू-डेट रखने के आदेश उप जिला शिक्षा अधिकारी डी.जी. सिंह ने योजना के प्रशासनिक और तकनीकी पहलुओं पर प्रकाश डाला। उन्होंने सभी प्रभारियों को निर्देश दिए कि मिड-डे मील से संबंधित राशन का रिकॉर्ड, विद्यार्थियों की दैनिक उपस्थिति रजिस्टर और खाद्य सामग्री के वैज्ञानिक भंडारण (Storage) पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने स्टॉक रजिस्टरों की दैनिक एंट्री करने तथा विभागीय ऑनलाइन पोर्टलों पर समय रहते पूरी जानकारी अपलोड करने को कहा। डी.जी. सिंह ने एबीएम कर्मियों को निर्देशित किया कि वे समय-समय पर स्कूलों का औचक निरीक्षण (Surprise Inspection) कर भोजन की जमीनी हकीकत की प्रभावी निगरानी करें। कमी पाए जाने पर तुरंत उच्च अधिकारियों को दें रिपोर्ट बैठक में यह भी तय किया गया कि भोजन की गुणवत्ता की नियमित जांच के लिए विभागीय निर्देशों का अक्षरशः पालन किया जाएगा। यदि किसी स्कूल में खाद्यान्न की कमी या कोई अन्य समस्या सामने आती है, तो उसकी रिपोर्ट तुरंत उच्च अधिकारियों तक पहुंचाई जाए ताकि समय रहते समाधान किया जा सके। बैठक के दौरान उपस्थित जमीनी कर्मचारियों और एबीएम ने अपने व्यावहारिक अनुभव साझा किए और योजना को और बेहतर बनाने के लिए महत्वपूर्ण सुझाव भी दिए। शिक्षा अधिकारी ने थपथपाई वर्करों की पीठ बैठक के समापन पर जिला शिक्षा अधिकारी कमलदीप कौर ने विषम परिस्थितियों में भी मुस्तैदी से काम करने वाले सभी मिड-डे मील एबीएम और कुक-कम-हेल्परों (वर्करों) की मेहनत व समर्पण की खुलकर सराहना की। उन्होंने विश्वास जताया कि सभी कर्मचारी भविष्य में भी इसी निष्ठा और सेवा भावना के साथ अपनी जिम्मेदारियां निभाते रहेंगे, जिससे न केवल सरकारी स्कूलों के बच्चों को पौष्टिक भोजन मिलेगा, बल्कि स्कूलों में बच्चों की उपस्थिति बढ़ेगी और शिक्षा का माहौल और अधिक सुदृढ़ होगा।
बोधगया में भाजपा का दो दिवसीय पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाअभियान 2026 शनिवार से शुरू हो गया। गया जिला पूर्वी भाजपा की ओर से आयोजित इस प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ जिला अध्यक्ष विजय कुमार मांझी के नेतृत्व में किया गया। अभियान का मार्गदर्शन अभियान प्रभारी पप्पू चंद्रवंशी कर रहे हैं। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम 30 और 31 मई तक चलेगा। शिविर में पार्टी के पदाधिकारियों, मंडल अध्यक्षों और बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं की भागीदारी रही। कार्यक्रम का उद्देश्य कार्यकर्ताओं को संगठनात्मक और वैचारिक रूप से मजबूत बनाना है, ताकि वे पार्टी की नीतियों व जनसेवा के काम को आम लोगों तक प्रभावी ढंग से पहुंचा सकें। प्रशिक्षण महाअभियान के दौरान कुल 13 विषयों पर अलग-अलग सत्र आयोजित किए जा रहे हैं। इन सत्रों में भाजपा की विचारधारा, संगठन की कार्यप्रणाली, जनसंपर्क, सेवा कार्यों और पार्टी के विस्तार से जुड़े विषयों पर विस्तार से चर्चा की जा रही है। विभिन्न वक्ता कार्यकर्ताओं को इन विषयों की जानकारी दे रहे हैं और संगठन को मजबूत करने के गुर भी सिखा रहे हैं। कार्यक्रम में बिहार सरकार के कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा और वरिष्ठ भाजपा नेता रामकृपाल यादव मुख्य वक्ता के रूप में शामिल हुए। उन्होंने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए पार्टी की नीतियों, संगठन की मजबूती और जनता के बीच लगातार सक्रिय रहने की जरूरत पर जोर दिया। संगठन की मजबूती कार्यकर्ताओं की सक्रियता-समर्पण से ही संभव वक्ताओं ने कहा कि भाजपा का कार्यकर्ता ही पार्टी की सबसे बड़ी ताकत है। संगठन की मजबूती कार्यकर्ताओं की सक्रियता और समर्पण से ही संभव है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से गांव-गांव और बूथ स्तर तक पहुंचकर सरकार की योजनाओं और पार्टी की विचारधारा को लोगों तक पहुंचाने का आह्वान किया। प्रशिक्षण शिविर में मौजूद कार्यकर्ताओं ने भी पूरे उत्साह के साथ विभिन्न सत्रों में हिस्सा लिया। कार्यक्रम के दौरान संगठन को और अधिक मजबूत बनाने और आने वाले चुनावी चुनौतियों के लिए कार्यकर्ताओं को तैयार करने पर भी चर्चा हुई। भाजपा नेताओं का कहना है कि इस तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रमों से कार्यकर्ताओं की क्षमता बढ़ती है और संगठन को जमीनी स्तर पर और मजबूत बनाने में मदद मिलती है। दो दिवसीय इस महाअभियान में जिले भर के कार्यकर्ता भाग ले रहे हैं।
बीजापुर जिले के उसूर विकासखंड की धर्माराम ग्राम पंचायत में आयोजित सुशासन शिविर ग्रामीणों के लिए राहत और भरोसे का केंद्र बना। नक्सल प्रभावित इस इलाके में 400 ग्रामीणों को वनाधिकार पत्र दिए गए। इस शिविर में सरकार की कई जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ भी लोगों को दिया गया। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष जानकी कोरसा, जनपद पंचायत अध्यक्ष पूर्णिमा तेलंम, क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि, सरपंचगण, एसडीएम भूपेन्द्र गावरे और जनपद पंचायत सीईओ प्रभाकर चंद्राकर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। आसपास की 10 ग्राम पंचायतों से बड़ी संख्या में ग्रामीण अपनी समस्याओं और मांगों को लेकर शिविर में पहुंचे। शिविर में कुल 19 विभागों द्वारा स्टॉल लगाए गए थे। इन स्टॉलों पर ग्रामीणों को विभिन्न सरकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई और आवेदन करने तथा लाभ प्राप्त करने की प्रक्रिया समझाई गई। अधिकारियों ने ग्रामीणों को उनकी समस्याओं के त्वरित निराकरण का आश्वासन भी दिया। सुशासन शिविर में ग्रामीणों को मिला योजनाओं का लाभ इस शिविर में कई योजनाओं के तहत लोगों को लाभ दिया गया। प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत 3 लोगों को उनके नए घरों की चाबियां सौंपी गईं। कृषि विभाग ने 8 किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) और 7 किसानों को मिट्टी जांच से जुड़ा सॉइल हेल्थ कार्ड दिया। समाज कल्याण विभाग ने दिव्यांग लोगों को सुनने की मशीन, वॉकिंग स्टिक और बैसाखी जैसी जरूरी सहायता सामग्री बांटी। इसके अलावा एसबीआई आरसेटी (RSETI) ने 10 युवाओं को राजमिस्त्री प्रशिक्षण का प्रमाण पत्र भी दिया। शिविर का सबसे महत्वपूर्ण क्षण तब आया जब 400 ग्रामीणों को उनके वनाधिकार पत्र सौंपे गए। वर्षों से इन अधिकारों की प्रतीक्षा कर रहे ग्रामीणों ने इसे शासन की एक बड़ी और सकारात्मक पहल बताया। ग्रामीणों ने अपनी खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि वनाधिकार पत्र मिलने से उनके जीवन में स्थायित्व और सुरक्षा की भावना मजबूत होगी। कुल मिलाकर, शिविर में विभिन्न विभागों से संबंधित 289 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें समस्याएं, मांगें और शिकायतें शामिल थीं। अधिकारियों ने सभी प्राप्त आवेदनों के समयबद्ध और प्रभावी निराकरण का आश्वासन दिया।
छतरपुर जिले में मौसम के लगातार बिगड़ते मिजाज और बारिश-ओलावृष्टि की चेतावनी के बीच खरीदी केंद्रों पर रखा लाखों क्विंटल गेहूं चिंता का कारण बन गया है। मौसम विभाग के अलर्ट के बाद प्रशासन ने सभी खरीदी केंद्रों को गेहूं को तिरपाल से ढंककर उसकी फोटो अपलोड करने के निर्देश दिए हैं, ताकि बारिश की स्थिति में अनाज को नुकसान से बचाया जा सके। जिले के 80 समर्थन मूल्य खरीदी केंद्रों पर रबी विपणन सीजन में 16 लाख 38 हजार 67 क्विंटल गेहूं की खरीदी की गई है। इसमें से 14 लाख 11 हजार 350 क्विंटल गेहूं का उठाव हो चुका है, लेकिन अब भी 2 लाख 35 हजार 40 क्विंटल गेहूं केंद्रों पर रखा हुआ है। बड़ी मात्रा में गेहूं खुले मैदानों में होने से उसके भीगने और खराब होने का खतरा बना हुआ है। अधिकारी मजदूरों की कमी और परिवहन संबंधी समस्याओं को देरी की वजह बता रहे हैं। बगौता केंद्र में सबसे ज्यादा चिंता सेवा सहकारी समिति बगौता में 31 हजार 855 क्विंटल गेहूं की खरीदी की गई, जिसकी कीमत 8.36 करोड़ रुपए है। यहां से अब तक 16 हजार 300 क्विंटल गेहूं का भंडारण किया जा चुका है, जबकि 15 हजार 582.68 क्विंटल गेहूं अभी भी केंद्र पर पड़ा हुआ है। अधिकांश स्टॉक खुले आसमान के नीचे रखा है। प्रतिदिन केवल पांच ट्रकों से परिवहन होने के कारण सीमित मात्रा में ही उठाव हो पा रहा है। मोरवा केंद्र पर टिन शेड से राहत खजुराहो कृषि उपज मंडी स्थित सेवा सहकारी समिति मर्यादित मोरवा में 31 हजार 133 क्विंटल गेहूं की खरीदी की गई है, जिसकी कीमत 8.17 करोड़ रुपए है। यहां से 20 हजार 349 क्विंटल गेहूं भंडारण के लिए भेजा जा चुका है, जबकि 10 हजार 784.02 क्विंटल गेहूं अभी भी केंद्र पर मौजूद है। हालांकि यहां टिन शेड की व्यवस्था होने से गेहूं सुरक्षित माना जा रहा है।
बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री राष्ट्रीय जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव के बेटे तेज प्रताप यादव वृंदावन में बंशी बजाते नजर आए। यहां वह भोजपुरी फिल्म की शूटिंग के सिलसिले में पहुंचे हुए थे। तेज प्रताप यादव ने शूटिंग का एक वीडियो अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर शेयर किया है,जिसमें वह वंशीवट पर साथी कलाकारों के साथ बंशी बजाते नजर आ रहे हैं। शुक्रवार को पहुंचे थे वंशीवट तेज प्रताप यादव अपने साथियों के साथ शुक्रवार को वृंदावन के बंशीवट पहुंचे। यहां उन्होंने भोजपुरी फिल्म की शूटिंग के लिए मंदिर के महंत गोविंद जी से चर्चा की। यहां वह शूट करते उससे पहले मौसम खराब हो गया जिसके कारण शूटिंग टालनी पड़ी। अधिक आंधी और बारिश के चलते तेज प्रताप यादव अपनी टीम के साथ वापस लौट गए। शनिवार को किया शूट तेज प्रताप यादव एक बार फिर शूटिंग के सिलसिले में शनिवार को वंशीवट मंदिर पहुंचे। दोपहर करीब 11 बजे पहुंचे तेज प्रताप यादव ने यहां भोजपुरी कलाकार काजल राघवानी के साथ भजन शूट शुरू किया। वह दोपहर 3 बजे तक यहां शूट करते रहे। इस दौरान उन्होंने बंशी बजाई तो साथी कलाकार भगवान राधा कृष्ण के सखा के स्वरूप में अभिनय करते नजर आए। भोजपुरी फिल्म की हो रही शूट मंदिर के महंत गोविंद शर्मा ने बताया कि तेज प्रताप यादव किसी भोजपुरी फिल्म के भजन की शूटिंग के लिए आए थे। शायद भोजपुर के मोहन फिल्म शूट हो रही हैं। वंशीवट मंदिर पर उन्होंने भोजपुरी कलाकार काजल राघवानी के साथ भजन शूट किया था। जिसमें वह बंशी बजाते नजर आए। गोविंद महंत ने बताया कि वह इस दौरान बड़े रिलेक्स नजर आ रहे थे। ब्रज के अन्य स्थानों पर भी होगी शूटिंग धार्मिक भोजपुरी फिल्म की शूटिंग वृंदावन के अलावा बरसाना और गोवर्धन में भी कई चरण में की जाएगी। गोविंद महंत ने बताया कि वह मंदिर में करीब 4 घंटे तक रहे। इस दौरान शूटिंग की पूरी टीम थी। यहां से वह वापस बिहार के लिए लौट गए। तेज प्रताप यादव मंदिर से निकलकर रंगनाथ मंदिर के पास स्थित एक मूर्ति के शोरूम पर भी गए थे जहां वह गोपाल जी की प्रतिमा हाथ में लिए नजर आए। ब्रज से है तेजप्रताप को लगाव तेज प्रताप यादव को ब्रज से खासा लगाव है। वह जब भी समय मिलता है ब्रज में आकर भगवान राधा कृष्ण की भक्ति करते नजर आते हैं। वह यहां कभी गायों के साथ कभी यमुना में भ्रमण करते तो कभी बरसाना में घूमते हुए दिख जाते हैं। हालांकि ब्रज में आगमन के दौरान वह पत्रकारों से दूरी बनाए रखते हैं।
राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) के सांसद हनुमान बेनीवाल ने कहा- मेरी सुरक्षा इन लोगों ने हटा दी, उनकी औकात ही क्या है? मेरी सुरक्षा तो राजस्थान के जवान करेंगे, मुझे उनकी सुरक्षा की कोई जरूरत नहीं है। आपकी पुलिस तो मेरे आगे गिड़गिड़ाती है। दो-दो आईजी मेरे हाथ जोड़ रहे थे, कलेक्टर को तो मैंने बोनट पर बिठा कर फैसला कराया था। आज ये लोग मुझे आंख दिखा रहे हैं? मैं वही हूं, कल नए रूप में लौट कर आऊंगा। बेनीवाल ने कहा- सरकार उनकी राजनीतिक गतिविधियों को रोकना चाहती है, लेकिन मैं दबाव में आने वाले नहीं हैं। साधु-संतों और जनहित के मुद्दों को उठाने वाले कार्यकर्ताओं के खिलाफ झूठे मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं और उन्हें जेल भेजा जा रहा है। भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ द्वारा कथित सामाजिक बहिष्कार संबंधी बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए बेनीवाल ने कहा- मामले को लेकर हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगे और कानूनी कार्रवाई करेंगे। किसी भी लोकतांत्रिक व्यवस्था में किसी व्यक्ति या समाज के खिलाफ इस तरह का फरमान नहीं दिया जा सकता। बेनीवाल ने कहा- कुचामन में लोगों का विरोध आरएलपी के खिलाफ नहीं बल्कि पानी, बिजली और अन्य मूलभूत सुविधाओं को लेकर था, लेकिन उसे राजनीतिक रंग देने की कोशिश की जा रही है। जयपुर में मीडिया से बातचीत में बेनीवाल ने ये बातें कही। पेपर लीक माफिया के खिलाफ सख्त कार्रवाई का वादा किया था सांसद ने भाजपा सरकार पर पेपर लीक, भ्रष्टाचार और प्रशासनिक विफलताओं को लेकर भी सवाल उठाए। बेनीवाल ने कहा- कांग्रेस शासन के दौरान भाजपा नेताओं ने राजस्थान लोक सेवा आयोग के पुनर्गठन और पेपर लीक माफिया के खिलाफ सख्त कार्रवाई का वादा किया था, लेकिन सत्ता में आने के बाद अपने वादे पूरे नहीं कर पाए। बेनीवाल ने दावा किया कि लोकसभा चुनावों में भाजपा को कई सीटों पर मेरी वजह से फायदा हुआ था। बीजेपी के लोग हाथ फैला कर मेरे दरवाजे पर आए थे। पहले 25 सीट दिलाई थी। इस बार बीजेपी ने सिर्फ 11 सीट हारी है, बल्कि पांच जगह इन लोगों ने मुझे प्रणाम किया, जिसमें कोटा, जयपुर, जोधपुर, बीकानेर और अलवर लोकसभा सीट शामिल हैं, जहां मेरी बदौलत ही भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशियों को जीत मिली है। राव राजेंद्र जी को भी छोड़ दीजिए, बिड़ला जी को बचाओ बेनीवाल ने आगे कहा- बीजेपी के नेता मेरे आगे टेलीफोन पर गिड़गिड़ाते हैं। भाई साहब आप अर्जुन जी की यहां मत जाइएगा। आप भूपेंद्र जी की इज्जत रखिए, राव राजेंद्र जी को भी छोड़ दीजिए, बिड़ला जी को बचाओ। मैं बीजेपी पार्टी में रहा था इसलिए उनका थोड़ा बहुत लगाव था। अब वह लगाव खत्म हो गया है। इनके कितने ही भाई साहबों को नेता और विधायक बनाया है। मुझसे हते थे, भाई साहब 12 चुनाव हार गए हैं, उनकी मदद कर दीजिए। मैं कहता था, आओ चाय पियो जाओ, कर दी मदद। मुख्य सचिव वी श्रीनिवास किसी काम के नहीं बेनीवाल ने कहा- मुख्य सचिव वी श्रीनिवास किसी काम के नहीं हैं। इन्हें राजस्थान के बारे में कुछ पता ही नहीं है। इससे अच्छा तो किसी पत्थर को ही कुर्सी पर रख दिया जाता तो ज्यादा बेहतर रहता, या फिर कोई चीफ सेक्रेटरी ही नहीं होता। बेनीवाल ने कहा- इसी तरह राजस्थान के राज्यपाल का भी पता नहीं चल रहा है। वे कहीं भी किसी की भी शादी में चले जाते हैं। उनकी जांच होनी चाहिए। उनका क्या कनेक्शन है, यह पता लगाना चाहिए, कहीं राज्यपाल ने कोई और शादी में जाने का धंधा तो शुरू नहीं कर लिया है। इसकी जांच होनी चाहिए। मुझे लगता है कि चोरों की यह सरकार कांग्रेस के शासन में हुए सभी घोटालों के रिकॉर्ड तोड़ देगी। दौसा में काजल, बिंदी और चूड़ियां बेच रहे थे बेनीवाल ने कहा- राजस्थान बीजेपी के हालात इतने बिगड़ गए हैं कि जो लोग दौसा में काजल, बिंदी और चूड़ियां बेच रहे थे, आज वे लोग राजस्थान बीजेपी मुख्यालय में अच्छे पद पर बैठकर मुझे चुनौती दे रहे हैं। मैं उनसे कहना चाहता हूं कि अगर ज्यादा चुनौती देंगे तो बीजेपी 28 में 10 सीटों पर ही सिमट जाएगी, इसलिए सोच समझ कर बोलें। तीन के बाद तो गिनती ही नहीं होती है हनुमान बेनीवाल ने बीजेपी नेत्री ज्योति मिर्धा पर निशाना साधते हुए कहा- वे तो कई चुनाव हार गई हैं, तीन के बाद तो गिनती ही नहीं होती है। उनके लिए मैं कुछ नहीं कहूंगा, मेरे प्रवक्ता ही काफी हैं। बेनीवाल ने कहा कि अभी तो मैंने 'आव्हान' नहीं किया है। 'आव्हान' कर दिया तो राजस्थान गलत दिशा में चला जाएगा, भाजपा के नेताओं का बाहर निकलना मुश्किल हो जाएगा। अभी तो मंत्रिमंडल को ही मूर्ख बताया है, अब उन्हें भाजपा संगठन के लिए भी एक नया नाम सोचना है, क्योंकि वहां चूड़ी बेचने वाले और काजल वाले इकट्ठा हो गए हैं, इनको भी एक संज्ञा देनी जरूरी हो गई है।
सांडी रेल लाइन की मांग मुख्यमंत्री तक पहुंची:हरदोई में चुनाव से पहले काम शुरू करने का मिला आश्वासन
हरदोई की लंबे समय से लंबित सांडी रेल लाइन परियोजना एक बार फिर चर्चा में है। इस परियोजना की मांग अब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ तक पहुंच गई है, जिन्होंने आगामी विधानसभा चुनाव से पहले इस पर काम शुरू कराने का आश्वासन दिया है। इससे क्षेत्र के लोगों में नई उम्मीद जगी है। सांडी रेल लाओ संघर्ष समिति के अध्यक्ष डॉ. पंकज त्रिवेदी ने शनिवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की। इस दौरान सांडी विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक प्रभाष कुमार और पूर्व विधायक विजय शंकर द्विवेदी भी मौजूद रहे। प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को रेल लाइन की आवश्यकता और क्षेत्रीय विकास में इसकी भूमिका से अवगत कराया। डॉ. त्रिवेदी ने बताया कि मुख्यमंत्री को परियोजना के सामाजिक एवं आर्थिक लाभों की जानकारी दी गई। उन्हें बताया गया कि सांडी क्षेत्र वर्षों से रेल संपर्क की मांग कर रहा है, जिससे बेहतर आवागमन सुविधा के साथ-साथ व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के नए अवसर भी विकसित होंगे। मुख्यमंत्री ने पूरी बात गंभीरता से सुनी और परियोजना के महत्व को स्वीकार किया। उन्होंने आश्वासन दिया कि आगामी विधानसभा चुनाव से पहले इस परियोजना पर कार्य शुरू कराने के लिए आवश्यक प्रयास किए जाएंगे। हालांकि, अभी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन मुख्यमंत्री के सकारात्मक रुख से क्षेत्रवासियों में उत्साह बढ़ा है। बैठक में सांडी क्षेत्र से जुड़े अन्य विकास कार्यों और जनहित के मुद्दों पर भी चर्चा हुई। संघर्ष समिति ने प्रमुख समस्याओं को मुख्यमंत्री के समक्ष रखा, जिन पर उन्होंने संबंधित विभागों के माध्यम से कार्रवाई का भरोसा दिया। सांडी रेल लाइन को लेकर चल रहा जनआंदोलन अब एक महत्वपूर्ण चरण में पहुंच गया है, और क्षेत्र के लोग इस पुरानी मांग के जल्द पूरा होने की उम्मीद कर रहे हैं।
उत्तर प्रदेश के बलिया जिले में कानून-व्यवस्था को चुनौती देने वाला एक मामला सामने आया है। यहां एक बुजुर्ग को एक मामले में गवाही देना उस वक्त महंगा पड़ गया, जब दबंगों ने बीच रास्ते में उन्हें रोककर बेरहमी से पीटा। इस घटना का एक वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि एक महिला और कुछ पुरुष मिलकर बुजुर्ग पर हमला कर रहे हैं। वे बुजुर्ग को जमीन पर गिराकर लात-घूंसों से पीटते हुए दिख रहे हैं। घटना के बाद पीड़ित मोहन सिंह ने शनिवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई। उन्होंने एसपी को एक शिकायती पत्र सौंपकर आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग की है।यह पूरा मामला बलिया जिले के खेजुरी थाना क्षेत्र के अंतर्गत सहपलिया गाँव का बताया जा रहा है। वीडियो वायरल होने के बाद स्थानीय पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
मैहर जिले में बिजली कंपनी के सामने सरकारी विभाग एक बड़ी मुसीबत बन गए हैं। एक तरफ जहां आम आदमी या किसी गरीब का बिल बकाया होने पर तुरंत कनेक्शन काट दिया जाता है, वहीं जिले के करीब 200 सरकारी दफ्तरों पर बिजली कंपनी का 26 करोड़ रुपया उधार है। बिजली कंपनी के अफसर ओमेंद्र सिंह ने बताया कि इस 26 करोड़ में से सबसे बड़ा हिस्सा ग्राम पंचायतों का है, जिन पर 21 करोड़ रुपए बाकी हैं। वहीं, सरकारी स्कूलों (शिक्षा विभाग) पर भी डेढ़ करोड़ रुपए का बिल चढ़ा हुआ है। हालांकि, कुछ विभाग ऐसे भी हैं जिन्होंने अपना बिल भर दिया है या उन पर बहुत कम पैसा बाकी है। क्यों नहीं काटे जा रहे कनेक्शन? जनता के कुछ हजार रुपए बाकी रहने पर भी अंधेरा कर दिया जाता है, लेकिन सरकारी विभागों पर करोड़ों बकाया होने के बाद भी बिजली नहीं काटी जा रही। अफसरों का कहना है कि भीषण गर्मी को देखते हुए और गांवों में पीने के पानी की सप्लाई (नल-जल योजना) न रुके, इसलिए वे फिलहाल कनेक्शन नहीं काट रहे हैं। लेकिन, विभाग लगातार नोटिस भेजकर पैसा जमा करने का दबाव बना रहा है। अब लोकल लेवल पर होगी वसूली पहले बिजली बिल का पैसा सीधे ऊपर (कंपनी मुख्यालय) से आ जाता था, लेकिन अब नियम बदल गए हैं। अब स्थानीय अफसरों को खुद विभागों और पंचायतों से तालमेल बैठाकर बजट निकलवाना पड़ता है। इसी नई कोशिश के तहत हाल ही में ग्राम पंचायतों से बात की गई थी, जिसके बाद पंचायतों ने करीब 60 लाख रुपए बिजली कंपनी के खाते में जमा किए हैं। कंपनी के अधिकारियों का कहना है कि इस साल उनका पूरा जोर इसी बात पर है कि मीटिंग और कागजी कार्रवाई के जरिए सरकारी विभागों से यह डूबा हुआ पैसा पूरी तरह वसूल किया जा सके।
ललितपुर में आंधी-तूफान अलर्ट, डीएम ने लगाया प्रतिबंध:31 मई तक झरना, जलाशय और नौका विहार पर रोक
ललितपुर में मौसम विज्ञान विभाग ने 31 मई तक आंधी, तूफान और वज्रपात का अलर्ट जारी किया है। नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जिलाधिकारी सत्य प्रकाश ने शनिवार शाम को एक आदेश जारी किया। इस आदेश के तहत 31 मई तक जलाशयों में नौका विहार और झरनों/जलाशयों के समीप जाना पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया गया है। जिलाधिकारी ने यह भी निर्देश दिए हैं कि इन आदेशों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। यह प्रतिबंध मुख्यमंत्री और राहत आयुक्त द्वारा दिए गए निर्देशों के बाद लगाया गया है। उन्होंने संभावित प्रतिकूल मौसम (भारी वर्षा, आंधी-तूफान, आकाशीय बिजली) के मद्देनजर जनहानि और संपत्ति के नुकसान को रोकने के लिए बचाव कार्यवाहियों पर जोर दिया था। जिला प्रशासन पहले से ही आमजन के लिए विभिन्न माध्यमों से सुरक्षात्मक एडवाइजरी जारी कर रहा है। जिलाधिकारी ने सभी नागरिकों, नौका संचालकों और पर्यटन संचालकों को मौसम विभाग द्वारा 28 मई से 31 मई तक जारी अलर्ट का पालन करने का निर्देश दिया है। इस अवधि में तीव्र आंधी-तूफान, वज्रपात और भारी वर्षा की संभावना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि आंधी-तूफान के दौरान जलाशयों में नौका विहार संचालित नहीं किया जाएगा। साथ ही, अलर्ट की अवधि में झरनों और जलाशयों के समीप जाना भी वर्जित रहेगा। इन निर्देशों का पालन न करने पर आपदा प्रबंधन अधिनियम के अध्याय-10 के अनुच्छेद 51 (ख) के तहत दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
उत्तर प्रदेश सरकार ने बेसिक शिक्षा विभाग में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है। इसके तहत देवरिया और कुशीनगर के बेसिक शिक्षा अधिकारियों का स्थानांतरण किया गया है। कुशीनगर के बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. राम जियावान मौर्य को देवरिया का नया बेसिक शिक्षा अधिकारी नियुक्त किया गया है। वहीं, देवरिया में प्रभारी बेसिक शिक्षा अधिकारी के रूप में कार्यरत अनिल कुमार सिंह को कुशीनगर का बेसिक शिक्षा अधिकारी बनाया गया है। अनिल कुमार सिंह वर्तमान में जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट), देवरिया में वरिष्ठ प्रवक्ता के पद पर तैनात हैं। उन्हें देवरिया में शिक्षक आत्महत्या प्रकरण के बाद तत्कालीन बेसिक शिक्षा अधिकारी शालिनी श्रीवास्तव के निलंबन के उपरांत प्रभारी बेसिक शिक्षा अधिकारी का अतिरिक्त दायित्व सौंपा गया था। अपने कार्यकाल के दौरान अनिल कुमार सिंह ने विभागीय कार्यों के संचालन के साथ-साथ विद्यालयों में शैक्षणिक गतिविधियों और प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर निगरानी बनाए रखी। अब उन्हें कुशीनगर जनपद में पूर्णकालिक बेसिक शिक्षा अधिकारी की जिम्मेदारी सौंपी गई है। डॉ. राम जियावान मौर्य शिक्षा विभाग में विभिन्न प्रशासनिक पदों पर लंबे समय से कार्यरत रहे हैं। उनके अनुभव को देखते हुए देवरिया की शिक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने की उम्मीद जताई जा रही है। शासन के इस आदेश के बाद दोनों अधिकारियों के जल्द ही अपने-अपने नए जनपदों में कार्यभार ग्रहण करने की संभावना है। शिक्षा विभाग में हुए इस तबादले को लेकर अधिकारियों, शिक्षकों और कर्मचारियों के बीच चर्चा का माहौल है। नए नेतृत्व में बेसिक शिक्षा से जुड़ी योजनाओं के क्रियान्वयन और विद्यालयों की शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार की उम्मीद है।
दिल्ली पुलिस का खुलासा: आईएसआई और मुंबई अंडरवर्ल्ड से जुड़े आतंकी मॉड्यूल के निशाने पर थे पांच शहर
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल के सूत्रों ने दावा किया है कि आईएसआई और मुंबई अंडरवर्ल्ड से जुड़े आतंकी मॉड्यूल के निशाने पर पांच भारतीय शहर थे। अधिकारियों ने बताया कि खुफिया एजेंसियों के समन्वय से चलाए गए एक अभियान में स्पेशल सेल ने आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया है और हथियार, विस्फोटक और हथगोले बरामद किए हैं।
मधेपुरा में एक महिला ने अपने पति की हत्या के लिए 75 हजार रुपये सुपारी देकर हत्या करवा दी। पुलिस ने इस मामले का खुलासा करते हुए पत्नी समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। महिला ने बताया कि उसका पति शराब पीकर अक्सर उसके साथ मारपीट करता था, जिससे परेशान होकर उसने यह कदम उठाया। यह घटना बिहारीगंज थाना क्षेत्र के रामपुर डेहरू गांव की है। उदाकिशुनगंज के एसडीपीओ अविनाश कुमार ने जानकारी दी कि बिहारीगंज थाना क्षेत्र के रामपुर डेहरू निवासी किसान कामेश्वर मेहता की 24 मई की मध्यरात्रि गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस जांच में सामने आया कि मृतक की पत्नी गीता देवी ने ही पति की हत्या करवाने के लिए राजदेव कुमार को 75 हजार रुपये दिए थे। प्रताड़ना से तंग आकर रची मारने की साजिश पत्नी गीता देवी ने पुलिस को बताया कि कामेश्वर मेहता शराब के नशे में उसके साथ लगातार मारपीट करते थे। इसी प्रताड़ना से तंग आकर उसने पति की हत्या की साजिश रची। इस मामले में गिरफ्तार किए गए आरोपियों में गीता देवी के अलावा फुलौत वार्ड एक निवासी राजदेव कुमार, फुलौत वार्ड दो निवासी रौशन कुमार और भागलपुर के बिहपुर थाना के झंडापुर निवासी प्रशांत कुमार शामिल हैं। 1कट्टा, 2 जिंदा कारतूस और मोटरसाइकिल बरामद पुलिस ने आरोपियों के पास से एक देशी कट्टा, दो जिंदा कारतूस और वारदात में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल बरामद की है। कामेश्वर मेहता की हत्या के बाद उनकी पत्नी गीता देवी के आवेदन पर बिहारीगंज थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई थी, जिसके आधार पर पुलिस ने जांच शुरू की। पुलिस अधीक्षक संदीप सिंह के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी अविनाश कुमार के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया, जिसमें डीआईयू टीम को भी शामिल किया गया था। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकारी हत्या की बात टीम ने आरोपी राजदेव कुमार को हिरासत में लेकर पूछताछ की। राजदेव ने अपने साथियों प्रशांत कुमार, रौशन कुमार और कौशल कुमार के साथ मिलकर हत्या करने की बात स्वीकार की। इसके बाद पुलिस ने छापेमारी कर प्रशांत कुमार को गिरफ्तार किया, जिसके पास से एक देशी कट्टा और दो कारतूस बरामद हुए। रौशन कुमार की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त बाइक भी बरामद की गई। इसके बाद मुख्य आरोपित गीता देवी को भी गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने बरामद हथियार के संबंध में फुलौत थाना में अलग से मामला दर्ज किया है। फरार आरोपी की तालाश में छापेमारी मामले का एक अन्य आरोपित कौशल कुमार फरार है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। पुलिस के अनुसार सभी गिरफ्तार आरोपितों ने पूछताछ में अपना अपराध स्वीकार कर लिया है।कामेश्वर मेहता की उसकी पत्नी गीता देवी से अक्सर विवाद होता रहता था। इसके कारण दोनों के बीच मारपीट भी होती रहती थी। कई बार थाना में पत्नी गीता देवी ने पति के खिलाफ मारपीट करने का आरोप लगाते हुए आवेदन भी दिया था। मृतक के एक पुत्र की चार वर्ष पूर्व बीमारी के कारण मौत हो गई थी। पत्नी का मानना है कि उसके पति ही पुत्र के मौत के जिम्मेदार थे।
राजनांदगांव के बसंतपुर थाना क्षेत्र में राहगीरों से वसूली, लूटपाट का प्रयास और सब्जी मंडी में मारपीट की घटनाओं को अंजाम देने वाले एक गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए चार बालिग आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जबकि चार नाबालिगों को संरक्षणात्मक अभिरक्षा में लिया गया है। आरोपियों के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल किए गए चाकू और डंडे भी बरामद किए गए हैं। पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देश और नगर पुलिस अधीक्षक वैशाली जैन के मार्गदर्शन में बसंतपुर थाना प्रभारी निरीक्षक एमन साहू के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। दो दिनों में तीन वारदातों को दिया था अंजाम पुलिस के अनुसार, गिरोह पिछले दो दिनों से शहर के अलग-अलग इलाकों में सक्रिय था और लगातार तीन घटनाओं को अंजाम दिया था। तीन अलग-अलग शिकायतों के आधार पर पुलिस ने मामले दर्ज कर जांच शुरू की। नंदई नाका में राहगीरों से लूट की कोशिश पहली घटना 28 मई को नंदई नाका के पास हुई। यहां भुनेश्वर साहू और उनके साथी को रोककर आरोपियों ने मोबाइल और नकदी छीनने का प्रयास किया। विरोध करने पर शराब पीने के लिए पैसे मांगे गए और मारपीट कर जान से मारने की धमकी दी गई। इस मामले में अपराध क्रमांक 253/2026 दर्ज किया गया। गंज मंडी में युवक से मारपीट दूसरी घटना 29 मई को गंज मंडी परिसर में हुई। यहां मौजूद मयंक सायम से आरोपी हिमांशु यादव और अंकुश राजपूत ने शराब के लिए पैसे मांगे। इनकार करने पर दोनों ने गाली-गलौज करते हुए हाथ-मुक्कों से मारपीट की। इस मामले में अपराध क्रमांक 254/2026 दर्ज किया गया। सब्जी मंडी में चाकू और डंडे से हमला तीसरी वारदात भी 29 मई को सब्जी मंडी में हुई। यहां रितेश भारती और उनके साथी इरफान पर आरोपियों ने चाकू और डंडे से हमला कर दिया। इतना ही नहीं, आरोपियों ने पीड़ित की मोटरसाइकिल को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। इस मामले में अपराध क्रमांक 255/2026 दर्ज किया गया। चार बालिग आरोपी गिरफ्तार, चार नाबालिग भी पकड़े गए पुलिस ने कार्रवाई करते हुए चार बालिग आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में शामिल हैं इसके अलावा चार नाबालिगों को भी संरक्षणात्मक रिमांड में लिया गया है। मुख्य आरोपी पर पहले से दर्ज हैं कई मामले पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी हिमांशु यादव आदतन अपराधी प्रवृत्ति का है। उसके खिलाफ वर्ष 2024, 2025 और 2026 में चोरी, मारपीट और अन्य गंभीर अपराधों के कई मामले दर्ज हैं। 24 घंटे के भीतर आरोपियों तक पहुंची पुलिस घटनाओं की गंभीरता को देखते हुए बसंतपुर पुलिस ने विशेष टीम गठित कर संभावित ठिकानों पर दबिश दी। पुलिस ने सभी आरोपियों को 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपियों ने वारदातों में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चाकू और डंडे बरामद किए हैं। सभी बालिग आरोपियों को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है, जबकि नाबालिगों के संबंध में किशोर न्याय अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने औरैया निवासी पूर्व मंत्री कमलेश पाठक को गैंगस्टर एक्ट के एक मामले में जमानत दे दी। कोर्ट ने कहा कि अभियोजन पक्ष आवेदक को गैंगस्टर साबित करने में विफल रहा, क्योंकि सबूत नाकाफी थे। पूर्व मंत्री इस मामले में अपनी कुल 6 साल की सजा में से 5 साल 9 महीने जेल में बिता चुके हैं। हालांकि अभी वह जेल से बाहर नहीं आ सकेंगे। हाईकोर्ट ने अपने पांच पन्नों के आदेश में गैंग-चार्ट को कमजोर बताया। कोर्ट ने टिप्पणी की कि जिला मजिस्ट्रेट और पुलिस अधीक्षक ने गैंग-चार्ट पर बिना किसी स्वतंत्र निष्कर्ष के केवल औपचारिक हस्ताक्षर किए थे। गैंग-चार्ट में यह स्पष्ट नहीं किया गया था कि पाठक किसी गैंग के लीडर या सदस्य कैसे हैं। इसके अलावा, गैंग-चार्ट में जिन दो आपराधिक मामलों का जिक्र था, उनमें भी अभी तक दोषसिद्धि नहीं हुई है। मामले के मुख्य गवाह और शिकायतकर्ता आशीष कुमार चौबे ने निचली अदालत में यह बयान नहीं दिया कि कमलेश पाठक किसी गैंग का हिस्सा हैं या उन्होंने हिंसा या धमकी से सार्वजनिक व्यवस्था भंग की हो। ट्रायल कोर्ट ने भी अपने फैसले में यह नहीं माना था कि पाठक ने सरकारी या मंदिर की जमीन पर कब्जा किया था, जबकि गैंग-चार्ट में यही मुख्य आरोप लगाया गया था। अपीलकर्ता के वकील ने कोर्ट में दलील दी कि कमलेश पाठक 11 जुलाई 2020 से इस मामले में जेल में हैं और कुल 5 साल 9 माह की हिरासत पूरी कर चुके हैं। सरकारी वकील ने भी इस तथ्य को स्वीकार किया। कोर्ट ने इतनी लंबी अवधि जेल में बिताने के बाद, अपील लंबित रहते हुए सजा को स्थगित करने का फैसला किया। हालांकि, इस जमानत के बावजूद कमलेश पाठक अभी जेल से बाहर नहीं आ सकेंगे, क्योंकि रंगदारी से संबंधित एक और गैंगस्टर का मामला अभी विचाराधीन है। फिलहाल जेल से नहीं आ सकेंगे बाहर कमलेश पाठक के खिलाफ वर्ष 2020 में पंचमुखी हनुमान मंदिर के पास अधिवक्ता मंजुल चौबे और उनकी चचेरी बहन, शिक्षिका सुधा चौबे की हत्या का आरोप है। इस मामले में कमलेश पाठक, उनके भाई एवं पूर्व ब्लॉक प्रमुख संतोष पाठक, रामू पाठक समेत 11 आरोपी जेल में बंद हैं। इसी प्रकरण में औरैया थाने में गैंगस्टर एक्ट के तहत केस क्राइम संख्या 462/2020 दर्ज किया गया था। औरैया की स्पेशल सेशन कोर्ट ने एसएसटी संख्या 352/2021 में कमलेश पाठक को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई थी। इस सजा के खिलाफ उन्होंने इलाहाबाद हाईकोर्ट में सीआरएलए संख्या 3565/2026 के तहत अपील दाखिल की थी। हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बावजूद कमलेश पाठक फिलहाल जेल से बाहर नहीं आ सकेंगे। जिला प्रशासन ने एक रंगदारी के मामले में उनके खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत एक अन्य कार्रवाई भी की है, जो अभी न्यायालय में विचाराधीन है। कमलेश पाठक का राजनीतिक सफर
रीवा शहर के धोबिया टंकी क्षेत्र के कपड़ा व्यापारी अरुण कुमार विश्वकर्मा पिछले 13 दिनों से लापता है। उनकी तलाश में पुलिस और एसडीआरएफ की टीम लगातार सिलपरा नहर में खोजबीन कर रही है। लेकिन अब तक कोई ठोस सुराग हाथ नहीं लगा है। जानकारी के अनुसार अरुण कुमार विश्वकर्मा 18 मई की रात रहस्यमय परिस्थितियों में लापता हो गए थे। घटना के तीन दिन बाद बिछिया थाना पुलिस को सिलपरा नहर के किनारे उनकी बाइक और चप्पल लावारिस हालत में मिली थी, इसके बाद नहर में डूबने की आशंका को देखते हुए व्यापाक सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। पिछले 13 दिनों से पुलिस और एसडीआरएफ की टीम वोट एवं गोताखोरों की मदद से नहर के विभिन्न हिस्सों में तलाश कर रही है। खोज अभियान को आसान बनाने के लिए नहर का पानी दो बार बंद भी कराया गया। लेकिन व्यापारी का कोई पता नहीं चल सका। इधर परिजनों ने आरोप लगाया है कि शुरुआती दिनों में पुलिस और नहर विभाग की ओर से अपेक्षित सहयोग नहीं मिला। उनका कहना है कि यदि समय रहते पानी कम कराया जाता तो शायद कोई महत्वपूर्ण सुराग मिल सकता था। मामले में लगातार बढ़ती रहस्यात्मकता के बीच अब परिजन और स्थानीय लोग केवल नहर में डूबने की आशंका तक सीमित नहीं है। बल्कि अपहरण या अन्य किसी आपराधिक पहलू की जांच की भी मांग कर रहे हैं। फिलहाल पुलिस मोबाइल लोकेशन कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) और अन्य तकनीकी साक्ष्यो के आधार पर जांच को आगे बढ़ा रही है। हालांकि 13 दिन बीत जाने के बाद भी व्यापारी का कोई सुराग नहीं मिलने से परिवार की चिंता और बढ़ गई है। एसडीआरएफ प्रभारी विकास पांडेय ने बताया कि 13 दिन की सर्चिंग के बाद हम इस निष्कर्ष पर पहुंचे हैं कि वो व्यक्ति सिलपरा नहर में नहीं है। पहले भी आशंका हुई थी लेकिन परिजनों की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए सर्चिंग ऑपरेशन लगातार चला रहे थे। 21 तारीख से चल रही सर्चिंग में आज फिर सतना सीधी और शहडोल की टीम के साथ मिलकर अत्याधुनिक उपकरणों जैसे एक्वा आई सोनार आदि की मदद से भी सर्चिंग की गई। लेकिन पानी में शव होने के किसी प्रकार के ट्रेसस प्राप्त नहीं हुए इसलिए आज से सर्चिंग को बंद किया गया।
बिलासपुर में गुरुघासीदास सेंट्रल यूनिवर्सिटी के केमिस्ट्री डिपार्टमेंट की छात्रा ने कैंपस लैब में केमिकल पाउडर खाकर आत्महत्या करने की कोशिश की। इस घटना से पूरे विश्वविद्यालय परिसर में हड़कंप मच गया। गंभीर हालत में छात्रा को तुरंत सरकंडा स्थित प्रथम हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में छात्र अस्पताल पहुंच गए। इस दौरान छात्रों में विश्वविद्यालय प्रबंधन के प्रति भारी आक्रोश देखा गया और उन्होंने अस्पताल परिसर में हंगामा भी किया। छात्र लगातार छात्रा की स्वास्थ्य स्थिति के बारे में जानकारी ले रहे थे और प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगा रहे थे। घटना की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में छात्र अस्पताल पहुंच गए। इस दौरान छात्रों में विश्वविद्यालय प्रबंधन के खिलाफ काफी गुस्सा देखने को मिला और उन्होंने अस्पताल परिसर में हंगामा भी किया। छात्रों ने प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया है। घटना की जांच में जुटी पुलिस घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और विश्वविद्यालय प्रशासन के अधिकारी अस्पताल पहुंचे और पूरी स्थिति की जानकारी ली। छात्रा ने आत्महत्या की कोशिश क्यों की, इसका अभी तक पता नहीं चल पाया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और छात्रा के परिजनों से भी संपर्क किया जा रहा है। सरगुजा की है छात्रा यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर डॉ. मनीष श्रीवास्तव ने बताया कि छात्रा का नाम पायल ठाकुर है और वह सरगुजा की रहने वाली है। पायल यूनिवर्सिटी के केमिस्ट्री डिपार्टमेंट की रिसर्च स्कॉलर है। उन्होंने पुष्टि की कि रात में केमिकल पाउडर खा लिया, जिसके बाद उसकी हालत बिगड़ गई। इसके बाद उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया था। प्रोफेसर श्रीवास्तव के मुताबिक पायल कोनी में किराए पर लेकर पढ़ाई कर रही थी, घटना के बाद उसके माता पिता पहुंच गए। उन्होंने बताया कि अस्पताल में छात्रा की हालत में सुधार है और अब वह खतरे से बाहर है। आत्महत्या की वजह क्या है यह तो छात्रा के बयान के बाद ही स्पष्ट होगा, लेकिन बताया जाता है कि वह किसी पारिवारिक बात को लेकर तनाव में थी।
बालाघाट में कांग्रेस के चार विधायक तो हैं, लेकिन पार्टी का संगठन उतना मजबूत नहीं दिखता। कई पदों पर अध्यक्ष ही नहीं हैं, यहां तक कि महिला कांग्रेस का पद भी खाली पड़ा है। इसी को देखते हुए महिला कांग्रेस की प्रदेश प्रभारी मंजू मिश्रा ने संगठन में नई जान फूंकने की बात कही है। शनिवार शाम पत्रकारों से चर्चा में उन्होंने दावा किया कि वह बालाघाट की महिला कांग्रेस को पूरे प्रदेश में नंबर वन बनाएंगी। सिर्फ फेसबुक वाला नेता नहीं चाहिए मंजू मिश्रा पिछले दो दिनों से बालाघाट में हैं और नए जिलाध्यक्ष की तलाश के लिए महिलाओं से मिल रही हैं। उन्होंने साफ कर दिया कि अध्यक्ष वही बनेगा जो पार्टी की सदस्य बढ़ाएगा और असल में काम करेगा। उन्होंने दोटूक कहा कि उन्हें ऐसी नेता नहीं चाहिए जो सिर्फ एक छोटा सा आंदोलन करे और उसे फेसबुक पर डालकर छुट्टी कर ले। उनकी नजर में जिलाध्यक्ष वही होगा जो गैस, राशन और तेल जैसी महंगाई पर सरकार को मजबूती से घेरे। बूथ स्तर तक बनाएंगे संगठन मंजू मिश्रा ने बताया कि अगले दो महीनों में जिलाध्यक्ष तय होने के बाद, विधानसभा, ब्लॉक और बूथ स्तर तक महिलाओं की टीम खड़ी की जाएगी। उन्होंने जोश दिखाते हुए कहा कि संगठन को मजबूत करने के लिए अगर उन्हें महिलाओं के साथ दरी या बोरे पर बैठकर बात करनी पड़ी, तो वह उससे भी पीछे नहीं हटेंगी। पैनल तैयार, बड़े नेता लेंगे फैसला उन्होंने जानकारी दी कि जिलाध्यक्ष पद के लिए चार से पांच महिलाओं के नामों की एक लिस्ट तैयार कर ली गई है। अब इस पर आखिरी फैसला पार्टी के बड़े नेता करेंगे। मिश्रा ने यहां की महिलाओं के साथ-साथ पुरुष कार्यकर्ताओं की भी तारीफ की और कहा कि अगर सही मौका मिले तो बालाघाट की बहनें संगठन के लिए बहुत बढ़िया काम कर सकती हैं।
संभल जिले के धनारी थाना क्षेत्र के रुस्तमपुर पीपलवाला गांव में एक युवक का शव जामुन के पेड़ से लटका मिला। युवक शुक्रवार शाम से लापता था। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मृतक के पिता ने इसे हत्या बताते हुए पुराने विवाद से जुड़े लोगों पर आरोप लगाया है। मृतक की पहचान 22 वर्षीय गोपाल कुमार पुत्र ऋषिपाल के रूप में हुई है, जो रुस्तमपुर पीपलवाला गांव का निवासी था। वह अपने छह भाई-बहनों में सबसे छोटा था। पिता ऋषिपाल के अनुसार, गोपाल शुक्रवार शाम करीब 4:30 बजे घर से निकला था। परिवार और ग्रामीणों ने देर रात तक उसकी तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। देर रात लगभग 11 बजे गांव के जंगल में जामुन के पेड़ से उसका शव फांसी के फंदे पर लटका होने की सूचना मिली। इससे गांव में हड़कंप मच गया। ग्रामीणों के पहुंचने के बाद धनारी थाना पुलिस भी मौके पर पहुंची। पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से शव को पेड़ से नीचे उतारा। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए। इसके बाद करीब 1 बजे शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। धनारी थाना प्रभारी अखिलेश प्रधान ने बताया कि युवक का शव पेड़ से लटका मिला था, जिसे पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। उन्होंने कहा कि परिवार द्वारा लगाए गए सभी आरोपों की गहनता से जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। मृतक के पिता ऋषिपाल ने बताया कि शुक्रवार शाम 4:30 बजे उनका बेटा घर से निकला था। उन्होंने आरोप लगाया कि गांव के कुछ लोगों ने उनके बेटे पर छेड़छाड़ का आरोप लगाया था, जिसके बाद मामला सुलझा लिया गया था। ऋषिपाल ने कहा कि उनके बेटे की मौत के लिए वे लोग ही जिम्मेदार हैं। पिता ने रामखिलाड़ी, धर्मेन्द्र और रविन्द्र पर झगड़े का फैसला करने के बाद हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया है।
मजीठा नगर काउंसिल चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद आम आदमी पार्टी (आप) ने जीत का जश्न मनाया। पार्टी ने कुल 13 में से 7 वार्डों में सफलता हासिल की है। मजीठा विधानसभा क्षेत्र के आप प्रभारी तलबीर सिंह गिल ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में इन परिणामों पर प्रतिक्रिया दी। तलबीर सिंह गिल ने मजीठा की जनता का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह जीत जनता के विश्वास और समर्थन का परिणाम है। उन्होंने मजीठा के सभी निवासियों, माताओं, बहनों, युवाओं और बुजुर्गों को धन्यवाद दिया, जिन्होंने आम आदमी पार्टी का समर्थन किया। गिल ने कहा कि यह परिणाम दर्शाता है कि लोग बदलाव और विकास की राजनीति का समर्थन कर रहे हैं। उन्होंने विपक्षी दलों द्वारा लगाए गए धांधली और गड़बड़ी के आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया। तलबीर सिंह गिल बोले- चुनाव हाईकोर्ट के पर्यवेक्षकों की उपस्थिति में संपन्न हुई उन्होंने स्पष्ट किया कि पूरी चुनाव प्रक्रिया चुनाव आयोग की निगरानी और उच्च न्यायालय द्वारा नियुक्त पर्यवेक्षकों की उपस्थिति में संपन्न हुई है। गिल ने कहा कि यदि किसी पार्टी के पास कोई ठोस सबूत है, तो उसे संबंधित अधिकारियों के समक्ष पेश करना चाहिए। उन्होंने बिना तथ्यों के जनता को गुमराह करने को अनुचित बताया। तलबीर सिंह गिल ने कहा कि कुछ लोग चुनाव परिणामों को स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं और इसी कारण निराधार आरोप लगा रहे हैं। उन्होंने जोर दिया कि मजीठा की जनता ने पुरानी एकतरफा राजनीति को नकारते हुए नई सोच और नई राजनीति को अवसर दिया है। इस अवसर पर चुनाव जीतने वाले आम आदमी पार्टी के पार्षदों को सिरोपा भेंट कर सम्मानित किया गया और मिठाई खिलाकर खुशी मनाई गई। तलबीर सिंह गिल ने सभी विजयी उम्मीदवारों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि अब उनकी पहली जिम्मेदारी जनता की उम्मीदों पर खरा उतरना और मजीठा के विकास के लिए ईमानदारी से काम करना होगी। गिल ने दोहराया कि आम आदमी पार्टी के चुने हुए प्रतिनिधि जनता की समस्याओं के समाधान के लिए पूरी निष्ठा से काम करेंगे और मजीठा को विकास की नई दिशा देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
इंदौर की चंदन नगर पुलिस ने शातिर नकबजन को गिरफ्तार किया है। उसके पास से नगदी और लाखों रुपए के सोने-चांदी के गहने जब्त किए हैं। चंदन नगर पुलिस की टीम ने 27 मई की दरमियानी रात को युधिष्ठिर पिता प्रेम कालू देवड़ा निवासी राम बलराम नगर के ऑफिस कालू आइस डिपो के गल्ले में से 35 हजार रुपए नगदी अज्ञात बदमाश चोरी कर ले गया था। इस मामले में पुलिस के केस दर्ज जांच शुरू की। चंदन नगर पुलिस ने विभिन्न संभावित स्थानों के सीसीटीवी फुटेज देखे। फुटेज और मुखबिरों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस को शातिर बदमाश अंकित मालवीय निवासी रेवा बाग मीठा तालाब थाना नाहर दरवाजा जिला देवास को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ करते की तो आईस डिपो ऑफिस के गले से चोरी करना बताया। चोरी किए रुपए में से करीब 7 हजार रुपए खाने-पीने खर्चा कर दिए। बाकी 28 हजार 620 रुपए जब्त किए गए। पूछताछ में उसने बताया कि 3 महीने पहले ग्राम सिंहासा राम मंदिर से भगवान के चांदी के मुकुट, बांसुरी, घड़ा, पायजेब, चैन तथा सोने के मंगलसूत्र मंदिर का ताला तोड़कर रात में वारदात को अंजाम दिया था। जप्त की गई सामग्री
पानीपत पुलिस द्वारा जिले को नशा मुक्त बनाने के उद्देश्य से एक जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में शनिवार को पुलिस की नशा मुक्त अभियान टीम ने सनौली खुर्द और सनौली कलां गांवों में घर-घर जाकर ग्रामीणों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक किया। पुलिस टीम ने इस दौरान ग्रामीणों से संवाद किया। उन्होंने बताया कि नशे की लत धीरे-धीरे व्यक्ति को अपने जाल में फंसा लेती है, जिससे उसका मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य बुरी तरह प्रभावित होता है। इसके साथ ही, आर्थिक स्थिति भी कमजोर हो जाती है, जिससे परिवार को कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। नशे के कारण होती है अपराधों में वृद्धि टीम ने स्पष्ट किया कि नशा केवल एक व्यक्ति को ही नहीं, बल्कि पूरे परिवार और समाज को प्रभावित करता है। नशे के कारण चोरी, घरेलू हिंसा और सड़क दुर्घटनाएं जैसे अपराधों में वृद्धि होती है। यह व्यक्ति की सोचने और निर्णय लेने की क्षमता को भी कमजोर कर देता है, जिससे वह गलत रास्तों की ओर अग्रसर हो सकता है। अभियान के दौरान, टीम ने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों की गतिविधियों पर नजर रखें और उनके साथ नियमित संवाद बनाए रखें। परिवार की भूमिका बच्चों को सही दिशा देने में अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। सही मार्गदर्शन मिलने पर युवाओं को नशे जैसी बुराई से बचाया जा सकता है। अभियान के जिला नोडल अधिकारी डीएसपी प्रणय कुमार ने बताया कि हरियाणा पुलिस नशे के खिलाफ सख्त कार्रवाई के साथ-साथ जागरूकता पर विशेष ध्यान दे रही है। उन्होंने जोर दिया कि नशा न केवल शरीर को नुकसान पहुंचाता है, बल्कि यह सामाजिक ताने-बाने को भी कमजोर करता है।
डीके शिवकुमार चुने गए कांग्रेस विधायक दल के नेता, तीन जून को लेंगे सीएम पद की शपथ
कर्नाटक में सत्ता परिवर्तन की प्रक्रिया के बीच प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डीके शिवकुमार को शनिवार को सर्वसम्मति से कांग्रेस विधायक दल (सीएलपी) का नेता चुन लिया गया। उनके नाम का प्रस्ताव मुख्यमंत्री सिद्दारमैया ने रखा, जिसका समर्थन वरिष्ठ कांग्रेस नेता जी परमेश्वर ने किया।
मऊगंज जिले के लौर इलाके में नेशनल हाईवे-135 पर शनिवार को सड़क हादसा हो गया। चश्मदीदों के मुताबिक, 'म.प्र. शासन डिप्टी कलेक्टर' लिखी एक तेज रफ्तार गाड़ी ने एक गाय को टक्कर मार दी, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना के बाद वहां रहने वाले लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि एक्सीडेंट के बाद गाड़ी पर लगी लाल-नीली बत्ती और सायरन को आनन-फानन में हटाने की कोशिश की गई। लोगों का कहना है कि यह गाड़ी मऊगंज में तैनात एक डिप्टी कलेक्टर की है। हालांकि, यह अभी साफ नहीं हो पाया है कि हादसे के वक्त गाड़ी के अंदर कोई अफसर बैठा था या नहीं। डिप्टी कलेक्टर ने दी सफाई जब इस मामले में मऊगंज के एक डिप्टी कलेक्टर से फोन पर बात की गई, तो उन्होंने बताया कि वह अपनी मां का इलाज कराने के लिए ग्वालियर आए हुए हैं और उनकी गाड़ी मऊगंज में ही है। उन्होंने हादसे के समय गाड़ी में होने की बात से साफ मना कर दिया है। पुलिस को नहीं मिली शिकायत इस पूरे मामले में पुलिस का अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। लौर थाना प्रभारी राजेश पटेल का कहना है कि उनके पास अभी तक ऐसी कोई लिखित शिकायत नहीं आई है। अगर कोई शिकायत मिलती है, तो मामले की जांच की जाएगी।
भूपेंद्र सिंह अब वाराणसी के नए BSA:यहां आठ महीने के कार्यकाल के बाद अनुराग श्रीवास्तव वेटिंग में
अब भूपेंद्र सिंह वाराणसी के नए BSA (बेसिक शिक्षा अधिकारी) होंगे। वही अभी तक प्रतापगढ़ जनपद के बीएसए रहे। शनिवार देर शाम शासन स्तर से जारी सूची में कई जिलों के बीएसए के ट्रांसफर किए गए। कुछ लोगों को पहली बार बीएसए बनाया गया है। वाराणसी के बीएसए अनुराग श्रीवास्तव अभी वेटिंग में हैं। यहां पर उनका कार्यकाल करीब आठ महीने ही रहा। इनके कार्यकाल में RTE यानी 'शिक्षा का अधिकार' तहत सराहनीय कार्य किया गया। पिछले पांच वर्षों में सबसे ज्यादा एडमिशन उन्होंने आरटीई के तहत कराया। बता दें कि भूपेंद्र सिंह मूलत: देवरिया के रहने वाले हैं। सरस्वती शिशु मंदिर अहिरौली बघेल में ही 12वीं तक की पढ़ाई किए। स्नातक की पढ़ाई लखनऊ विवि से हुई। उसके बाद बिजली विभाग राजभवन में एसएसओ की नौकरी मिली थी। नौकरी के दौरान तैयारी कर रहे थे। इसी बीच एमए भी किया। तीसरी बार में सफलता मिली।
सड़क हादसे में भोजासर थाने के सिपाही की मौत:पुलिस लाइन में दी श्रद्धांजलि, गांव में अंतिम संस्कार
फलोदी-नागौर सड़क मार्ग पर शनिवार दोपहर हुए दर्दनाक सड़क हादसे में भोजासर थाने में तैनात कांस्टेबल रमेश कुमार बिश्नोई की मौत हो गई। हादसा लोहावट थाना क्षेत्र के चैनपुरा की सरहद के पास करीब दोपहर 3 बजे हुआ। मोटरसाइकिल को बस ने मारी टक्कर जानकारी के अनुसार, कांस्टेबल रमेश कुमार बिश्नोई (37) जनवरी 2025 से भोजासर थाने में तैनात थे। शनिवार दोपहर वह करीब 2 बजे थाने से अपने पैतृक गांव शिमला खारा के लिए छुट्टी पर मोटरसाइकिल से रवाना हुए थे। थाने से लगभग 30 किलोमीटर दूर चैनपुरा क्षेत्र में फलोदी की ओर से आ रही एक निजी बस ने उनकी मोटरसाइकिल को टक्कर मार दी। हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गए। अस्पताल में डॉक्टरों ने मृत घोषित किया घटना के बाद स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से रमेश कुमार को फलोदी जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उपचार के दौरान उन्हें मृत घोषित कर दिया। वह बीरबल राम बिश्नोई के पुत्र थे और शिमला खारा गांव के निवासी थे। अस्पताल और पुलिस प्रशासन में शोक हादसे की सूचना मिलते ही एसपी सतनाम सिंह, डिप्टी अचलसिंह देवड़ा, फलोदी थाना प्रभारी भंवराराम, भोजासर थाना प्रभारी जमील खान सहित कई अधिकारी जिला अस्पताल पहुंचे। सूचना पर परिजन और ग्रामीण भी बड़ी संख्या में अस्पताल पहुंच गए, जहां शोक का माहौल बन गया। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस लाइन में दी गई श्रद्धांजलि रमेश कुमार के शव का पोस्टमार्टम जिला अस्पताल की मोर्चरी में किया गया। इसके बाद पुलिस लाइन में उन्हें अंतिम श्रद्धांजलि दी गई। इस दौरान एसपी सतनाम सिंह, विधायक पब्बाराम बिश्नोई, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ब्रजराज सिंह चारण, डिप्टी अचलसिंह देवड़ा, लोहावट डिप्टी नगेंद्र कुमार, भोजासर सीआई जमील खान और अन्य पुलिस अधिकारियों व जवानों ने सलामी देकर कांस्टेबल को श्रद्धांजलि अर्पित की। पैतृक गांव में हुआ अंतिम संस्कार बाद में कांस्टेबल रमेश कुमार का शव उनके पैतृक गांव शिमला खारा ले जाया गया, जहां पुलिस और ग्रामीणों की मौजूदगी में शोक सलामी के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया।
कांकेर पुलिस ने राम दरबार अंकित विशेष सिक्का खरीद-बिक्री के नाम पर लोगों को झांसा देकर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने 30 हजार रुपये की धोखाधड़ी के मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से फर्जी दस्तावेज, नकली पहचान पत्र, विशेष सिक्के, वाहन और अन्य सामान बरामद किया गया है। मामला 28 मई 2026 का है। कामतेड़ा निवासी राजुराम कुमेटी ने सिटी कोतवाली कांकेर में शिकायत दर्ज कराई कि एक व्यक्ति ने खुद को अविनाश तिवारी बताकर मोबाइल पर संपर्क किया। राम दरबार सिक्के से मोटे मुनाफे का दिया लालच आरोपी ने उन्हें कृषि विज्ञान केंद्र सिगारभाट के पास बुलाया और राम, सीता तथा लक्ष्मण अंकित एक विशेष सिक्का दिखाया। उसने दावा किया कि इस सिक्के को विदेश में ऊंची कीमत पर बेचा जा सकता है और उससे होने वाले लाभ को आपस में बांटा जाएगा। आरोपी के झांसे में आकर राजुराम कुमेटी ने उसे 30 हजार रुपये दे दिए। बाद में उन्हें एहसास हुआ कि उनके साथ धोखाधड़ी हुई है। तकनीकी जांच से आरोपियों तक पहुंची पुलिस शिकायत के आधार पर सिटी कोतवाली थाना में अपराध क्रमांक 182/2026 के तहत बीएनएस की धारा 318(4) और 61(2) के अंतर्गत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस ने मोबाइल नंबरों और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की तलाश शुरू की। जांच के दौरान ग्राम बाबूसाल्हेटोला क्षेत्र में संदिग्ध व्यक्तियों के होने की सूचना मिली, जिसके बाद पुलिस टीम ने घेराबंदी कर चारों आरोपियों को हिरासत में ले लिया। पूछताछ में आरोपियों ने ठगी की वारदात को स्वीकार कर लिया। फर्जी आईडी, नकली दस्तावेज और विशेष सिक्के बरामद पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त कई आपत्तिजनक सामग्री जब्त की है। इनमें मोबाइल फोन, लैपटॉप, फर्जी आधार कार्ड, रक्षा मंत्रालय (Ministry of Defence) का नकली परिचय पत्र, जाली दस्तावेज, बैंक चेक, राम दरबार और बजरंगबली अंकित सिक्के, वाहन और अन्य सामान शामिल हैं। जब्त सामग्री जांच के दौरान पुलिस ने मामले में बीएनएस की धारा 319(2), 336(3) और 340(2) भी जोड़ी हैं। गिरफ्तार आरोपी पुलिस ने चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। गिरफ्तार आरोपियों में शामिल हैं- पुलिस की अपील पुलिस ने लोगों से अपील की है कि पुराने सिक्कों, दुर्लभ वस्तुओं या विदेश में ऊंची कीमत मिलने के नाम पर दिए जाने वाले लालच से बचें। किसी भी निवेश या खरीद-बिक्री से पहले उसकी सत्यता की जांच अवश्य करें और संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें।
कवर्धा जिले में एक खेत से बोरी में बंद युवक का शव बरामद हुआ है। शव कई टुकड़ों में कटा हुआ था, जिससे हत्या की आशंका जताई जा रही है। शव पर गंभीर चोटों के निशान थे और दोनों हाथ रस्सी से बंधे हुए थे। मृतक की पहचान बैहरसरी निवासी 25 वर्षीय कोमल वर्मा के रूप में हुई है। यह मामला पांडातराई थाना क्षेत्र के सोंढा गांव का है। ग्रामीणों को खेत से तेज बदबू आने पर संदेह हुआ, जिसके बाद उन्होंने इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पांडातराई थाना पुलिस मौके पर पहुंची और बोरी खोलने पर युवक का क्षत-विक्षत शव मिला। पुलिस के अनुसार, शव पर गंभीर चोटों के निशान थे और दोनों हाथ रस्सी से बंधे हुए थे। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि अज्ञात आरोपियों ने युवक की हत्या कर शव को कई टुकड़ों में काटकर बोरी में भरा और फिर खेत में फेंक दिया। मृतक कोमल वर्मा पिछले दो दिनों से घर से लापता था, जिसकी सूचना पुलिस को भी दी गई थी। शव मिलने के बाद पुलिस ने उसे कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। घटना की गंभीरता को देखते हुए फॉरेंसिक टीम को भी मौके पर बुलाया गया, जो सबूत जुटाने में जुटी है। पुलिस हत्या के कारणों और सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है और आरोपियों की तलाश जारी है। पुलिस ने बताया कि मामले की गहन जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है।
इंटरनेशनल भारतीय पैरा खिलाड़ी चिराग त्यागी की गाजियाबाद में हत्या कर दी गई। चिराग का शव हिंडन क्षेत्र में साईं उपवन में मिला। उनकी पीठ पर एक गोली का निशान मिला है। पुलिस मान रही है कि गोली मारकर हत्या की गई है। चिराग त्यागी गाजियाबाद के रहने वाले थे। वह 100 और 400 मीटर में भाग लेते थे। चिराग ने राष्ट्रीय और इंटरनेशनल मंचों पर शानदान प्रदर्शन कर देश का गौरव बढ़ाया। एक एथलीट के रुप में उनकी पहचान थी। वह गाजियाबाद के मुरादनगर थाना क्षेत्र के बसंतपुर सैथली गांव के रहने वाले थे। SHO कोतवाली सचिन कुमार ने बताया कि परिजनों को सूचना दी गई है। मामले की सूचना मिलते एसीपी उपासना पाण्डेय मय फोर्स मौके पर पहुंची। मामले की सूचना परिजनों को दी गई। मौके पर परिजनों पहुंच गए है। एसीपी मृतक की प्रमिका, कोच और परिजनों से पूछताछ कर रही हैं। जानिए चिराग का प्रदर्शन दुबई 2026 पैरा एथलेटिक्स ग्रां प्रीः चिराग त्यागी ने पुरुषों की 100 मीटर 136 स्पर्धा में शानदार प्रदर्शन करते हुए कांस्य पदक (ब्रॉन्ज मेडल) जीता था। राष्ट्रीय पैरा एथलेटिक्स चैंपियनशिपः चिराग त्यागी ने राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में 100 मीटर में रजत और 400 मीटर में स्वर्ण पदक हासिल किए हैं। अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधित्वः चिराग त्यागी ने लगातार शानदार प्रदर्शन के दम पर एशियन गेम्स (एशियाई पैरा गेम्स) के लिए भी क्वालीफाई किया है। खबर अपडेट की जा रही है।
इंदौर की फैमिली कोर्ट ने एक महत्वपूर्ण आदेश में अमेरिका के बर्मिंघम शहर में रह रहे भारतीय मूल के एक नागरिक को अपनी पत्नी को मासिक भरण-पोषण देने का निर्देश दिया है। आदेश 26 मई का है। कोर्ट ने आदेश दिया कि पति अपनी पत्नी को प्रति माह 50 हजार रुपए भरण-पोषण राशि देगा, साथ ही पिछले ढाई वर्षों की बकाया राशि के रूप में 15 लाख रुपए एकमुश्त अदा करेगा। दरअसल वर्ष 2010 में विवाह के बाद पति अमेरिका जाकर बस गया था और लंबे समय से पत्नी से अलग रह रहा था। बाद में उसने पत्नी के खिलाफ तलाक की याचिका दायर कर विवाह विच्छेद की मांग की। वहीं पत्नी ने तलाक का विरोध करते हुए भरण-पोषण की मांग की और कहा कि वह अपने पति से अलग नहीं होना चाहती। मोबाइल नंबर और अमेरिका का पता भी बदल लिया पत्नी की ओर से पैरवी कर रहे एडवोकेट केपी माहेश्वरी व प्रतीक माहेश्वरी ने कोर्ट को बताया कि पति पिछले 16 वर्षों से बिना किसी उचित कारण के पत्नी को छोड़कर अलग रह रहा है। इतना ही नहीं, उसने अपना मोबाइल नंबर और अमेरिका का पता भी बदल लिया तथा परिवार और पत्नी से संपर्क लगभग समाप्त कर दिया। पिता के निधन पर भी नहीं आया, वीडियो कॉल पर किए अंतिम दर्शन सुनवाई के दौरान यह तथ्य भी सामने आया कि पति अपने पिता के निधन पर भी भारत नहीं आया। उसे आशंका थी कि पत्नी उसके साथ रहने की मांग कर सकती है। उसने केवल वीडियो कॉल के माध्यम से अंतिम दर्शन किए और अपना वर्तमान पता तथा संपर्क विवरण भी किसी को नहीं बताया। पत्नी ने यह भी आरोप लगाया कि ससुराल पक्ष ने पिता की मृत्यु के दौरान घर पहुंची बहू और उसके परिजनों के साथ दुर्व्यवहार किया और उन्हें वहां से जाने के लिए मजबूर किया। अमेरिका में डाटा एनालिस्ट है पति पत्नी ने कोर्ट को बताया कि उसका कोई स्वतंत्र आय स्रोत नहीं है और वह मायके की आर्थिक सहायता से जीवनयापन कर रही है। वहीं पति अमेरिका में डाटा एनालिस्ट के रूप में कार्यरत है तथा एक प्रतिष्ठित विदेशी विश्वविद्यालय से जुड़ा हुआ है। पत्नी का दावा था कि पति की आय लाखों रुपए प्रतिमाह है और वह अमेरिका में संपन्न जीवन व्यतीत कर रहा है। आय संबंधी दस्तावेजों में विरोधाभास कोर्ट ने मामले की सुनवाई के दौरान पति द्वारा प्रस्तुत आय संबंधी दस्तावेजों और आयकर विवरणों का परीक्षण किया। कोर्ट ने पाया कि पति की आय के संबंध में प्रस्तुत तथ्यों में विरोधाभास है, लेकिन यह निर्विवाद है कि उसकी नियमित और पर्याप्त आय है। 26 मई को कोर्ट ने डॉ. कुलदीप जैन ने अपने आदेश में कहा कि पत्नी की स्वयं की कोई आय नहीं है और वह लंबे समय से पति से अलग रह रही है। दूसरी ओर पति अमेरिका का निवासी और नागरिक है तथा आर्थिक रूप से सक्षम है। इन परिस्थितियों और वर्तमान महंगाई को ध्यान में रखते हुए पत्नी को प्रति माह 50 हजार रुपए भरण-पोषण राशि दिए जाने का आदेश पारित किया गया। कोर्ट ने यह भी निर्देश दिया कि आवेदन प्रस्तुत किए जाने की तिथि से प्रभावी भरण-पोषण राशि के रूप में पिछले ढाई वर्षों का लगभग 15 लाख रुपए बकाया एकमुश्त अदा किया जाए। साथ ही 20 हजार रुपए न्यायालयीन व्यय और अधिवक्ता शुल्क के रूप में भी भुगतान किया जाएगा।।
शाहजहांपुर में 6 IPL सट्टेबाज गिरफ्तार:गुजरात-राजस्थान मैच पर खाईबाड़ी, 7 मोबाइल फोन बरामद
शाहजहांपुर पुलिस ने आईपीएल मैच में सट्टेबाजी करने वाले छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनके पास से सात मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। यह कार्रवाई एक मकान पर छापेमारी के दौरान की गई। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में चार सदर बाजार थाना क्षेत्र के, एक चौक कोतवाली क्षेत्र का और एक मिर्जापुर थाना क्षेत्र का निवासी है। पुलिस के अनुसार, आरोपी नीतेश अपने मकान में बैठकर आईपीएल मैचों पर जुआ खिलवाता था, जिसके लिए उसे दस हजार रुपये मिलते थे। आरोपियों ने बताया कि उन्होंने 29 मई को हुए गुजरात और राजस्थान के बीच मैच पर सट्टा लगाया था और उसी का हिसाब-किताब जोड़ रहे थे। पुलिस को मौके से बरामद डायरी में 29 मई को हुए गुजरात और राजस्थान मैच की खाईबाड़ी का विवरण मिला है। चौक कोतवाली पुलिस ने यह कार्रवाई आईपीएल के फाइनल मुकाबले से ठीक एक दिन पहले की। पुलिस को इतने समय तक इस सट्टेबाजी की जानकारी नहीं थी, जबकि अब तक आईपीएल के 73 मैच खेले जा चुके थे।गिरफ्तार आरोपियों की पहचान पराक्रम, विशेष, पुरुषार्थ, बाल गोविंद (सभी निवासी सदर बाजार), प्रखर (निवासी मिर्जापुर थाना क्षेत्र) और नीतेश (निवासी चौक कोतवाली क्षेत्र) के रूप में हुई है। पुलिस ने उनके पास से वे मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जिनका उपयोग ऑनलाइन आईपीएल सट्टेबाजी के लिए किया जा रहा था। आरोपियों ने बताया कि वे पैसों का लेनदेन क्यूआर कोड के माध्यम से ऑनलाइन करते थे। नीतेश को उसके घर में जुआ खिलवाने के लिए दस हजार रुपये दिए जाते थे, जिससे वह अपने परिवार का पालन-पोषण करता था। आरोपियों ने यह भी बताया कि वे बुकी बकार, देवेश और और शेर मोहम्मद से मोबाइल पर संपर्क कर सट्टा लगाते थे, हालांकि उन्हें इन बुकियों का पूरा पता नहीं है। पुलिस ने इस मामले में आगे की पूछताछ और कार्रवाई शुरू कर दी है।
राजस्थान में मिलावटखोरों के खिलाफ सरकार और प्रशासन एक्शन मोड में है। खाद्य सुरक्षा आयुक्तालय की केंद्रीय टीम ने शनिवार को उदयपुर में एक साथ दो अलग-अलग जगहों पर बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। टीम ने भारी मिलावट के शक में मौके से 18 हजार लीटर तैयार घी को जब्त किया। इसके साथ ही अलग-अलग ब्रांड के 42 हजार किलो से ज्यादा डेयरी प्रोडक्ट्स को भी जांच के दायरे में लिया गया है। इस कार्रवाई के बाद से शहर के मिलावटखोरों और नकली सामान बेचने वालों में हड़कंप मचा गया। अधिकारियों का कहना है कि शहर में आगे भी इस तरह की औचक कार्रवाई जारी रहेगी। गाय का असली घी बताकर बेचने की थी तैयारी खाद्य सुरक्षा आयुक्त डॉ. टी शुभमंगला के निर्देश पर अतिरिक्त आयुक्त भगवत सिंह के नेतृत्व में केंद्रीय और जिला टीम ने सबसे पहले अम्बेरी स्थित 'श्री माधुर डेयरी फार्म एंड फूड प्रोडक्ट्स' पर अचानक छापा मारा। अधिकारियों ने जब अंदर जाकर देखा तो वहां का नजारा चौंकाने वाला था। फैक्ट्री में 'उदयपुर फ्रेश देसी घी', 'उदयपुर फ्रेश काउ घी', 'माध्या देसी घी' और 'जयन्त काउ घी' जैसे बड़े और लोकप्रिय ब्रांड्स का घी धड़ल्ले से बनाया और स्टोर किया जा रहा था। टीम को यहां बड़े-बड़े टैंकों और डिब्बों में भारी मात्रा में तैयार घी मिला। यही नहीं, कई टिन तो ऐसे थे जिन पर न तो कोई लेबल लगा था और न ही कोई जरूरी जानकारी लिखी थी, जो साफ तौर पर नियमों का उल्लंघन है। जब टीम ने बारीकी से पूरे परिसर को खंगाला, तो वहां से फूड कलर (पीले रंग) की बोतलें बरामद हुईं। शुरुआती जांच में यह बड़ा सच सामने आया है कि साधारण घी में पीला रंग मिलाकर उसे 'गाय का शुद्ध देसी घी' बताकर बाजार में महंगे दामों पर बेचने की तैयारी चल रही थी। यह घी इंदौर की अरिहंत मिल्क प्रोडक्ट्स और देवास (मध्य प्रदेश) की चन्द्र कमल जैसी कंपनियों से घटिया या साधारण मक्खन खरीदकर, उसे गर्म करके तैयार किया जा रहा था। अधिकारियों ने तुरंत एक्शन लेते हुए घी के चार लीगल सैंपल लिए और जांच के लिए सरकारी लैब भेज दिए। वहीं, आम जनता की सेहत के साथ खिलवाड़ न हो, इसलिए 18 हजार लीटर घी को मौके पर ही सीज कर उसकी बिक्री और सप्लाई पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। मंडी में बिक रहा था बैन घीइसके बाद केंद्रीय टीम ने सवीना स्थित कृषि उपज मंडी की एक बड़ी दुकान पर कार्रवार्ई की। टीम ने यहां 'मैसर्स महालक्ष्मी ट्रेडिंग कंपनी' (डी-1) पर छापा मारा। जांच के दौरान दुकान और गोदाम में महावीर काऊ घी, महावीर देसी घी, महालक्ष्मी घी, मिल्क फूड, सोनाई, काला काऊ, पंचगव्य, अमूल और नोवा जैसे कई नामचीन ब्रांड्स का घी और दूध से बने प्रॉडक्ट्स का बहुत बड़ा स्टॉक मिला। शुरुआती गिनती में यह स्टॉक करीब 42 हजार किलोग्राम से ज्यादा का सामने आया, जिसकी पूरी पड़ताल की जा रही है। इस कार्रवाई में खास बात यह रही कि मौके पर 'महावीर ब्रांड घी' (बैच संख्या-1) का स्टॉक भी भारी मात्रा में मिला। बता दें कि इस खास बैच के घी को राजस्थान सरकार के खाद्य सुरक्षा आयुक्त पहले ही 'असुरक्षित' (Unsafe Food) घोषित कर चुके हैं और इसके बेचने, बांटने या रखने पर पूरी तरह से बैन लगा हुआ है। बैन के बावजूद मुनाफा कमाने के चक्कर में इस असुरक्षित घी को धड़ल्ले से छिपाकर रखा गया था। टीम ने इस प्रतिबंधित घी को तुरंत प्रभाव से जब्त कर लिया है और दुकान के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। सैंपल फेल हुए तो हो सकती जेलखाद्य सुरक्षा विभाग ने साफ कर दिया है कि त्योहारों और आम दिनों में लोगों की सेहत से खिलवाड़ किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं होगा। सभी सैंपल्स की रिपोर्ट आने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत फैक्ट्रियों के मालिकों और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कोर्ट में केस दर्ज कराया जाएगा और सख्त से सख्त सजा दिलाई जाएगी। इस पूरी बड़ी कार्रवाई को अंजाम देने वाली टीम में संयुक्त आयुक्त डॉ. विजय प्रकाश शर्मा, केंद्रीय टीम के खाद्य सुरक्षा अधिकारी विनोद शर्मा, अमित शर्मा, लोकेश शर्मा, देवेन्द्र सिंह राणावत और उदयपुर के स्थानीय खाद्य सुरक्षा अधिकारी अशोक गुप्ता और नरेन्द्र सिंह शामिल रहे।
छिंदवाड़ा जिले के अमरवाड़ा थाना क्षेत्र में शनिवार शाम एक सड़क हादसे में ट्रैक्टर चालक की मौत हो गई। जुंगबनी के समीप पहलवान बाबा की दरगाह के पास लोहे से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली अनियंत्रित होकर पलट गई। हादसे में ड्राइवर ट्रैक्टर के नीचे दब गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। प्राथमिक जानकारी के अनुसार, ट्रैक्टर-ट्रॉली में मकान निर्माण कार्य के लिए लोहे की सरिया और अन्य सामग्री लोड कर ले जाई जा रही थी। इसी दौरान वाहन तेज रफ्तार में अनियंत्रित हो गया और सड़क किनारे पलट गया। ट्रैक्टर-ट्रॉली दोनों के पलटने से चालक राजा वाहन के नीचे दब गया। हादसे की सूचना मिलते ही अमरवाड़ा पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की मदद से राहत कार्य शुरू किया। हालांकि तब तक चालक की मौत हो चुकी थी। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। घटना के बाद सड़क पर यातायात प्रभावित हो गया। पलटे हुए ट्रैक्टर और ट्रॉली को हटाने के लिए जेसीबी मशीन की मदद ली जा रही है। पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है।
बागपत में अवैध तमंचे के साथ युवक गिरफ्तार:गौरीपुर मोड़ पर चेकिंग के दौरान एक कारतूस भी बरामद
बागपत में अवैध हथियारों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत कोतवाली बागपत पुलिस ने एक युवक को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसके कब्जे से एक अवैध .315 बोर का तमंचा और एक जिंदा कारतूस बरामद किया। कोतवाली बागपत पुलिस गौरीपुर मोड़ पर संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान पुलिस टीम ने एक युवक को संदिग्ध अवस्था में देखा। उसे रोककर तलाशी ली गई, जिसमें उसके पास से अवैध .315 बोर का तमंचा और एक जिंदा कारतूस मिला। गिरफ्तार आरोपी की पहचान विशाल पुत्र राजेश के रूप में हुई है, जो मूल रूप से भमोरी, थाना सरधना, जनपद मेरठ का निवासी है। वर्तमान में वह शिवनारायण धर्म कांटा के पास, ग्राम गौरीपुर, थाना कोतवाली बागपत क्षेत्र में रह रहा था। अवैध हथियार मिलने के बाद पुलिस ने उसे तुरंत गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी विशाल के खिलाफ आर्म्स एक्ट की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि यह अवैध हथियार उसके पास कहां से आया और वह इसका किस उद्देश्य से इस्तेमाल करने वाला था। आरोपी के आपराधिक इतिहास की भी जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जनपद में अपराध पर अंकुश लगाने और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए लगातार चेकिंग अभियान चलाए जा रहे हैं। अवैध हथियार रखने वालों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। इस कार्रवाई से क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होने की उम्मीद है।
पाली में शनिवार शाम करीब सवा आठ बजे मोबाइल पर अचानक आवाज के अलर्ट आया। उसके चंद सेकंड बाद अचानक तेज हवा शुरू हो गई जो देखते ही देखते तेज आंधी में बदल गई। आंधी इतनी तेज थी कि सड़क पर एक जगह खड़ा रहना मुश्किल लग रहा था। आसमान में बिजली कड़क रही थी। खिड़की दरवाजे तक आंधी के दबाव में आवाज करने लगे। शहर में जोधपुर रोड स्थित कई जगह पेड़, होर्डिंग तक गिर गए। इस दौरान लाइट भी गुल हो गई। मौसम विभाग के अनुसार अगले 3 घंटों में पाली, ब्यावर, भीलवाड़ा, बूंदी, कोटा, राजसमंद, सवाई माधोपुर और टोंक के कई स्थानों पर 80-100 किमी/घंटा की सतही हवाओं, तेज़ झोंकों, ओलावृष्टि, मध्यम बारिश और बिजली कड़कने के साथ बहुत भीषण तूफ़ान आने की प्रबल संभावना जताई गई है। आपदा प्रबन्धन, सहायता एवं नागरिक सुरक्षा विभाग राजस्थान और स्थानीय प्रशासन अलर्ट मोड पर है और लोगों को भी सावधानी बरतने की प्रशासन ने अपील की।
जालौन में 28 मई की रात आए तेज आंधी-तूफान के कारण कई क्षेत्रों में बिजली और पेयजल आपूर्ति बाधित हो गई। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय ने शनिवार को तत्काल वर्चुअल समीक्षा बैठक की। उन्होंने विद्युत विभाग, जल संस्थान और जल निगम के अधिकारियों को राहत एवं पुनर्स्थापना कार्यों को युद्धस्तर पर संचालित करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने जोर देकर कहा कि आमजन को राहत पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिशासी अभियंता विद्युत को क्षतिग्रस्त विद्युत पोल, टूटे तारों और अन्य तकनीकी खामियों का तेजी से सर्वेक्षण कर तत्काल मरम्मत कार्य कराने का निर्देश दिया। इसका उद्देश्य जल्द से जल्द विद्युत आपूर्ति बहाल करना है। डीएम ने यह भी निर्देश दिए कि जिन क्षेत्रों में सर्वेक्षण कार्य पूरा हो चुका है, वहां विद्युत व्यवस्था बहाल करने में कोई लापरवाही न बरती जाए। फील्ड स्तर पर टीमें लगातार सक्रिय रहकर प्रभावित क्षेत्रों की निगरानी करती रहें। पेयजल आपूर्ति के संबंध में, जिलाधिकारी ने अधिशासी अभियंता जल संस्थान और जल निगम को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिन क्षेत्रों में बिजली बाधित होने से पेयजल आपूर्ति प्रभावित हुई है, वहां तत्काल टैंकरों के माध्यम से वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। अधिकारियों को शिकायतों का त्वरित निस्तारण करने और विद्युत तथा पेयजल आपूर्ति की स्थिति से प्रशासन को समय-समय पर अवगत कराने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने जोर दिया कि आपदा की इस स्थिति में सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और राहत कार्यों में तेजी लाएं।
बदायूं में शनिवार देर शाम मौसम ने अचानक करवट ली। हल्की आंधी के बाद हुई बारिश से भीषण गर्मी से जूझ रहे लोगों को राहत मिली। बारिश के कारण तापमान में करीब दो डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई और पारा 30 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच गया। हालांकि, मौसम सुहाना होते ही शहर और आसपास के कई इलाकों में बिजली आपूर्ति ठप हो गई, जिससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। बारिश और तेज हवाओं के कारण सुरक्षा कारणों से कई स्थानों पर विद्युत आपूर्ति बाधित हुई। अचानक बिजली गुल होने से घरों, दुकानों और बाजारों में अंधेरा छा गया। इनवर्टर और बैटरी पर निर्भर लोगों को भी लंबी कटौती की आशंका सताने लगी। बारिश के कारण शहर के कुछ निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति भी बनी। हालांकि, बारिश का असर कम होने के साथ पानी निकलना शुरू हो गया। इस बीच, मौसम में आई ठंडक ने लोगों को उमस और गर्मी से राहत दिलाई। एडवाइजरी का पालन करने की सलाह मौसम विभाग ने रविवार के लिए भी आंधी-तूफान और तेज हवाओं का रेड अलर्ट जारी किया है। इसके मद्देनजर प्रशासन और बिजली विभाग अलर्ट मोड पर हैं। अधिकारियों ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने और बिजली के तारों व खंभों से दूरी बनाए रखने की अपील की है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले 24 घंटे के दौरान भी जिले में तेज हवाएं, गरज-चमक और बारिश का दौर जारी रह सकता है। लोगों को मौसम विभाग की एडवाइजरी का पालन करने की सलाह दी गई है।
फारबिसगंज थाना क्षेत्र के सैफगंज स्थित एक माल्टिंग फैक्ट्री में शनिवार सुबह विनय ठाकुर (उम्र करीब 35 वर्ष) का शव फांसी के फंदे से लटका मिला। विनय फैक्ट्री में देखरेख का काम करते थे। घटना की सूचना मिलते ही फारबिसगंज पुलिस मौके पर पहुंची और शव को फंदे से उतारा। स्थानीय लोगों के अनुसार, फैक्ट्री का एक कर्मचारी जब काम पर पहुंचा तो उसने परिसर में विनय ठाकुर को फंदे पर झूलते देखा। कर्मचारी ने तुरंत इसकी सूचना दी। जिसके बाद ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। पुलिस ने मौके पर फॉरेंसिक टीम को भी बुलाया। फॉरेंसिक विशेषज्ञों ने घटनास्थल का गहन निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मृतक विनय ठाकुर मूल रूप से कटिहार जिले के निवासी थे। वे अपने बड़े भाई कार्तिक कुमार की माल्टिंग फैक्ट्री में रहकर उसकी देखरेख करते थे। कार्तिक कुमार फैक्ट्री के संचालक हैं। विनय पिछले कई वर्षों से इस फैक्ट्री में कार्यरत थे। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है। शव के आसपास किसी संघर्ष के कोई निशान नहीं मिले हैं। हालांकि, मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा। पुलिस सभी संभावित पहलुओं पर गहनता से जांच कर रही है। मृतक के परिजनों को घटना की सूचना दे दी गई है और उनके पहुंचने के बाद शव उन्हें सौंपा जाएगा। स्थानीय लोगों में इस घटना को लेकर कई तरह की चर्चाएं हैं। कुछ लोग पारिवारिक कलह, आर्थिक तंगी या मानसिक तनाव को इसकी वजह मान रहे हैं, लेकिन अभी तक कोई ठोस जानकारी सामने नहीं आई है। फारबिसगंज पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और कहा है कि जांच में सामने आने वाले नए तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बलरामपुर में मां-बेटी पर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगाने के मामले में जिला एवं सत्र न्यायालय ने दो दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। प्रत्येक दोषी पर 1.75 लाख रुपए का अर्थदंड भी लगाया गया है, जिससे कुल जुर्माना 3.50 लाख रुपये हुआ। यह फैसला मिशन शक्ति अभियान और ऑपरेशन कनविक्शन के तहत बलरामपुर पुलिस की प्रभावी पैरवी के बाद आया। यह घटना थाना कोतवाली उतरौला क्षेत्र की है। 11 मई 2025 को महदेईया बाजार बनगवा निवासी डब्लू पुत्र कल्लू ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। उसने आरोप लगाया था कि उसके पिता कल्लू उर्फ मकसूद अहमद और मामा के लड़के हसरुद्दीन कुरैशी उर्फ हसरु ने उसकी मां और बहन पर ज्वलनशील पदार्थ फेंककर आग लगा दी थी। इस घटना में गंभीर रूप से झुलसी उसकी मां की इलाज के दौरान मृत्यु हो गई थी। शिकायत के आधार पर कोतवाली उतरौला में तत्काल मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की। विवेचना के दौरान पुलिस ने परिस्थितिजन्य, भौतिक और वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए। इन्हीं साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों के खिलाफ न्यायालय में एक मजबूत आरोप पत्र दाखिल किया गया। पुलिस अधीक्षक विकास कुमार के निर्देश पर चलाए जा रहे ऑपरेशन कनविक्शन के तहत इस मामले की लगातार निगरानी की गई। जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) कुलदीप सिंह, मॉनीटरिंग सेल प्रभारी बृजानन्द सिंह और कोतवाली उतरौला पुलिस टीम ने न्यायालय में प्रभावी ढंग से अपना पक्ष प्रस्तुत किया। अभियोजन पक्ष ने ठोस साक्ष्य और गवाहों की सशक्त गवाही के माध्यम से आरोपों को सफलतापूर्वक साबित किया। सभी साक्ष्यों और गवाहियों की गहन जांच के बाद, जिला एवं सत्र न्यायालय, बलरामपुर ने अभियुक्त कल्लू उर्फ मकसूद अहमद और हसरुद्दीन कुरैशी उर्फ हसरु को दोषी ठहराया। न्यायालय ने उन्हें आजीवन कारावास की सजा सुनाई और दोनों पर 1.75-1.75 लाख रुपये का अर्थदंड भी लगाया। पुलिस अधिकारियों ने इस फैसले को महिला सुरक्षा के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता और ऑपरेशन कनविक्शन की सफलता बताया। उन्होंने कहा कि गंभीर अपराधों में दोषियों को कड़ी सजा दिलाने का यह अभियान भविष्य में भी जारी रहेगा।
रतलाम में 17 साल के नाबालिग पर चाकू से जानलेवा हमला करने वाले आरोपियों का शनिवार को पुलिस ने पैदल जुलूस निकाला। जुलूस में चाकू से धमकाने व बाइक चोरी करने वाले दो चोरों को भी शामिल किया। बदमाश सिर झुका कर चल रहे थे। घटना शुक्रवार शाम माणकचौक थाना क्षेत्र के फूलमंडी हरमाला रोड की है। युवराजसिंह चौहान को तीन आरोपियो द्वारा जान से मारने की नियत से चाकू से हमला किया था। चाकी पायी पसली पर लगा था। चाकू लगने से एक इंच तक का घाव हो गया था। तीन टांके आए थे। चाकू लगने से घायल को पहले जिला अस्पताल में भर्ती कराया था। हालात गंभीर होने पर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया था। फरियादी की रिपोर्ट पर से पुलिस ने आरोपी मेहबूब (32) पिता मुख्तियार हुसैन निवासी रईस (37) पिता मुख्तियार हुसैन व सद्दाम (34) पिता मुख्तियार हुसैन तीनों निवासी ग्रीन सीटी अशोक नगर रतलाम के खिलाफ हत्या के प्रयास का केस दर्ज किया था। पुलिस ने घटना के तीन घंटे में आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। शनिवार को कोर्ट में पेश करने के दौरान पुलिस ने पैदल जुलूस निकाला। घटना में इस्तेमाल चाकू को भी बरामद कर लिया है। यह था विवाद का कारणअशोकनगर निवासी यासीन पिता जाकीर खान का मेहबूब पिता मुख्तियार नियारगर से पुराना विवाद था। शुक्रवार दोपहर 3 बजे हरमाला रोड पर पुरानी फूल मंडी के पास यासीन को मेहबूब घेर लिया। मेहबूब के साथ उसके दो भाई रईस व सद्दाम भी साथ में थे। यासीन ने कॉल कर युवराज उर्फ कानू (17) पिता भगवानसिंह चौहान, प्रेम साल्वी और अभिषेक पाटीदार आदि को बुला लिया। इसके बाद विवाद बढ़ गया। मेहबूब और उसके भाईयों ने यासीन के मारपीट की। इस बीच युवराज पर चाकू से हमला कर दिया था। जुलूस में तीन अन्य आरोपी भी शामिलचाकू मारने वाले आरोपियों के जुलूस में पुलिस ने तीन अन्य आरोपियों को भी शामिल कर जुलूस निकाला। शुक्रवार को चाकू लेकर धमकाने के मामले में गिरफ्तार आरोपी विष्णु उर्फ काला (21) पिता आनंद टाक निवासी हरिजन बस्ती का भी जुलूस निकाला। इसके अलावा बाइक चोरी में पकड़ाए इमरान उर्फ गोलू (27) पिता युनुस उर्फ सड्डू पठान, निवासी मस्जिद वाली गली, मोहन नगर और खरीददार इमरान उर्फ अरमान (24) पिता मोहम्मद अफसर अब्बासी, निवासी काजीपुरा, रतलाम को भी साथ में जुलूस निकाला।
भारतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल ने प्रदेश भर के व्यापारियों, उद्यमियों, लघु एवं मध्यम उद्योगों और स्वरोजगार से जुड़े वर्गों की समस्याओं को शासन और प्रशासन के समक्ष मजबूती से रखा है। संगठन का मुख्य उद्देश्य व्यापारियों की दिक्कतों को दूर करना, व्यापारिक वातावरण को सरल बनाना और सरकार व व्यापार जगत के बीच संवाद स्थापित करना है। आज प्रेस वार्ता में जिला अध्यक्ष अनिल अग्रवाल ने स्पष्ट किया कि भारतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल किसी राजनीतिक स्वार्थ या पद के लिए काम नहीं करता, बल्कि पूरी तरह व्यापारी हितों को केंद्र में रखकर संघर्ष करता है। संगठन लगातार व्यापारियों की जटिल समस्याओं को विभागों के सामने उठा रहा है। वर्तमान में व्यापार जगत प्रशासनिक, तकनीकी और विभागीय चुनौतियों से जूझ रहा है। जीएसटी के पेचीदा नियम, विभागीय नोटिस, ई-वे बिल की दिक्कतें, मंडी परिषद, खाद्य सुरक्षा विभाग की कठिन शर्तें, साइबर अपराध और विभागों की जटिल कार्यप्रणाली व्यापारियों के लिए बड़ी मुसीबत बन गई है। सोने के व्यापार पर पीएम की अपील से बाजार में छाई मंदीप्रधानमंत्री की अपील के बाद सोना बाजार में भारी मंदी आ गई है। काम-काज पूरी तरह ठप है। प्रेस वार्ता में बरेली सर्राफा व्यापार मंडल के अध्यक्ष राजकुमार अग्रवाल सर्राफ ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा सोना न खरीदने की अपील पर गहरी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि इस अपील के पीछे प्रधानमंत्री का क्या मकसद है, यह समझ से परे है। सरकार को व्यापारियों की व्यवस्था पर ध्यान देना चाहिए, क्योंकि इस अपील के बाद बाजार का बुरा हाल है। राजकुमार अग्रवाल सर्राफ ने कहा कि इससे कारीगरों पर सबसे ज्यादा संकट आएगा। साथ ही व्यापारियों को बैंक लोन और ब्याज चुकाने में परेशानी होगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के आदेश का पालन करना मजबूरी है, लेकिन साथ ही व्यापारिक समस्याओं का समाधान भी बेहद जरूरी है। व्यापारी महा संवाद एवं सम्मान समारोह का होगा आयोजनइन विषयों को लेकर भारतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल 28 जून 2026 को व्यापारी महा संवाद एवं सम्मान समारोह आयोजित कर रहा है। यह कार्यक्रम व्यापारियों, उद्यमियों व उद्योग जगत की समस्याओं को शासन स्तर तक पहुंचाने का प्रभावी मंच बनेगा। मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश सरकार के स्वतंत्र प्रभार मंत्री, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग, अजीत पाल होंगे। उनके सामने खाद्य व्यवसाय से जुड़े व्यापारियों, रेस्टोरेंट संचालकों, किराना व्यापारियों, खाद्य उत्पाद निर्माताओं व लघु उद्यमियों की समस्याएं विस्तार से रखी जाएंगी। कार्यक्रम में भारतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के चेयरमैन उत्तर प्रदेश लघु उद्योग निगम के उपाध्यक्ष नटवर गोयल और प्रदेश अध्यक्ष ज्ञानेश मिश्रा विशिष्ट अतिथि होंगे। प्रदेश अध्यक्ष ज्ञानेश मिश्रा ने सालों से प्रदेश के व्यापारियों, मंडी व्यापारियों, उद्योगपतियों की समस्याओं को शासन स्तर पर प्रभावी ढंग से उठाया है। वे राष्ट्रीय स्तर पर उत्पाद सेवा समिति से भी जुड़े हैं, जिससे उन्हें मंडी परिषद, कृषि उत्पाद विपणन और व्यापारिक नीतियों का गहरा अनुभव है। इस कार्यक्रम में मंडी परिषद, व्यापारियों पर आर्थिक प्रभाव, लघु उद्योगों की चुनौतियां, रोजगार सृजन व व्यापारिक विकास पर चर्चा होगी। संगठन इन मुद्दों के व्यावहारिक समाधान के लिए प्रयास करेगा। जीएसटी संवाद और साइबर सुरक्षा पर विशेष जागरूकताअनिल अग्रवाल ने बताया कि संगठन 7 जून दिन रविवार को विशेष जीएसटी संवाद कार्यक्रम करेगा। इसमें एडिशनल कमिश्नर ग्रेड-1, N L Soni जीएसटी विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहेंगे। इसका उद्देश्य व्यापारियों को जीएसटी नियमों की जानकारी देना, उनकी शंकाओं का समाधान करना और विभाग व व्यापारियों के बीच बेहतर तालमेल बनाना है। साथ ही साइबर सुरक्षा व अपराधों को लेकर विशेष जागरूकता कार्यक्रम होगा, जिसमें व्यापारियों को ऑनलाइन धोखाधड़ी, डिजिटल भुगतान सुरक्षा, साइबर फ्रॉड से बचाव व तकनीकी सुरक्षा उपायों की जानकारी दी जाएगी। संगठन में नए पदाधिकारियों को मिली जिम्मेदारीप्रेस वार्ता में संगठन के विभिन्न पदों पर नए और युवा व्यापारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई। बरेली सर्राफा व्यापार मंडल के अध्यक्ष राजकुमार अग्रवाल सर्राफ को मंडल अध्यक्ष बनाया गया। आलोक अग्रवाल को जिला सदस्य, संजय सिंह को महानगर कोषाध्यक्ष, रोनित सिंह पाराशरी को महानगर युवा अध्यक्ष, शिवम सिंह को महानगर युवा महामंत्री, समरान माधव महेश्वरी को युवा मंत्री, अमन जालान को महानगर मंत्री व पंकज पाल को युवा महानगर उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया। विशाल अरोरा को नगर उपाध्यक्ष, कर्मचारी नगर इकाई के राकेश दिवाकर को अध्यक्ष व अनूप जौहरी को महामंत्री बनाया गया। बटलर एसोसिएशन के अध्यक्ष कौशल कुमार झांझी को जिला वरिष्ठ महामंत्री और राज मिश्रा को महानगर वरिष्ठ महामंत्री की जिम्मेदारी दी गई। व्यापारिक हितों की रक्षा का संकल्पसंगठन पदाधिकारियों ने कहा कि भारतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल किसी वर्ग, क्षेत्र या व्यापार तक सीमित नहीं है। यह छोटे दुकानदार, मध्यम व्यापारी, स्टार्टअप, लघु उद्योग और बड़े प्रतिष्ठानों के हितों के लिए काम करता है। संगठन ने संकल्प लिया कि प्रदेश के हर जिले में व्यापारी संवाद कार्यक्रम, अधिकारियों के साथ बैठकें, कानूनी जागरूकता शिविर, कर कार्यशालाएं व समस्याओं के समाधान के लिए अभियान चलाए जाएंगे। अंत में जिला अध्यक्ष अनिल अग्रवाल ने सभी व्यापारियों, उद्यमियों, उद्योगपतियों व युवा व्यवसायियों से संगठन के साथ जुड़कर मुहिम को मजबूत करने का आह्वान किया। इस मौके पर महानगर महामंत्री अनुज गुप्ता, जिला महामंत्री जसपाल सिंह बग्गा, पारस अग्रवाल, देवेंद्र पाल सिंह मोनू, हर्ष खंडेलवाल, अनूप जोहरी, राकेश दिवाकर, सुलभ अग्रवाल, राजीव गुप्ता सहित अन्य व्यापारी मौजूद रहे।
बिलासपुर रेंज साइबर थाना ने शेयर ट्रेडिंग के नाम पर ऑनलाइन ठगी करने वाले एक बड़े अंतरराज्यीय साइबर फ्रॉड नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने एक महिला से 17.21 लाख रुपए की ठगी के मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच में आरोपियों के बैंक खातों का संबंध देशभर में दर्ज कई साइबर अपराधों से जुड़ा मिला है, जिनमें करीब 8 करोड़ रुपए के संदिग्ध लेनदेन का खुलासा हुआ है। गिरफ्तार आरोपियों में बिहार के समस्तीपुर निवासी मुकेश कुमार दास (29), रायगढ़ निवासी केशव साव, सक्ती निवासी संदीप कुमार चंद्रा उर्फ विक्की और शिशिर राठौर (35) शामिल हैं। मुकेश और शिशिर वर्तमान में रायपुर में रह रहे थे। शेयर ट्रेडिंग में मुनाफे का झांसा देकर ठगे 17.21 लाख रुपए मामले की शुरुआत नर्मदा नगर निवासी एक महिला की शिकायत से हुई। आरोपियों ने उसे शेयर ट्रेडिंग में अधिक लाभ का लालच देकर अलग-अलग किश्तों में कुल 17 लाख 21 हजार 100 रुपए निवेश करवाए और फिर रकम हड़प ली। शिकायत मिलने के बाद सिविल लाइन पुलिस और रेंज साइबर थाना की टीम ने बैंकिंग ट्रांजेक्शन, मोबाइल डेटा और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच शुरू की। जांच के दौरान साइबर ठगी के एक संगठित नेटवर्क का खुलासा हुआ। कई राज्यों में दर्ज मिली शिकायतें जांच में सामने आया कि आरोपी संदीप कुमार चंद्रा के बैंक खाते के खिलाफ गुजरात, तेलंगाना, कर्नाटक और दिल्ली सहित विभिन्न राज्यों में पांच साइबर शिकायतें दर्ज हैं। वहीं मुख्य आरोपी मुकेश कुमार दास के तीन बैंक खातों की जांच में 13 साइबर फ्रॉड शिकायतें सामने आईं। इनमें इंडसइंड बैंक खाते में 3, एक्सिस बैंक खाते में 6 और इंडियन ओवरसीज बैंक खाते में 4 शिकायतें दर्ज पाई गईं। खातों से जुड़ा 8 करोड़ का संदिग्ध लेनदेन राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) से प्राप्त जानकारी के अनुसार आरोपियों के बैंक खातों में देशभर के साइबर अपराधों से जुड़ी शिकायतें दर्ज हैं। पुलिस जांच में इन खातों से संबंधित करीब 8 करोड़ रुपए की संदिग्ध राशि का पता चला है। पुलिस के अनुसार, मुकेश कुमार दास के खातों में साइबर ठगी से जुड़े लगभग 10 लाख रुपए सीधे प्राप्त हुए थे। एक करोड़ रुपए होल्ड कराए गए कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आरोपी केशव साव के एक्सिस बैंक खाते में मौजूद करीब 99 लाख रुपए और शिशिर राठौर के खाते में लगभग 1 लाख रुपए होल्ड कराए हैं। जांच में यह भी स्पष्ट हुआ कि आरोपी आपराधिक षड्यंत्र के तहत साइबर ठगी से प्राप्त रकम को विभिन्न बैंक खातों के जरिए प्राप्त और ट्रांसफर कर रहे थे। NCRP पोर्टल से मिले अहम सुराग पुलिस के मुताबिक, राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) से मिली जानकारी इस पूरे नेटवर्क तक पहुंचने में अहम साबित हुई। इससे पता चला कि गिरोह ऑनलाइन निवेश और शेयर ट्रेडिंग के नाम पर लोगों को फंसाकर देश के अलग-अलग राज्यों में ठगी कर रहा था। इन अधिकारियों की रही अहम भूमिका इस बड़े साइबर फ्रॉड नेटवर्क का खुलासा पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह, नोडल अधिकारी गगन कुमार और थाना प्रभारी प्रसाद सिन्हा के मार्गदर्शन में किया गया। आरोपियों की गिरफ्तारी और पूरे नेटवर्क की जांच में निरीक्षक कामिल हक, एएसआई जीवन साहू, प्रधान आरक्षक सैयद साजिद तथा आरक्षक भानु प्रताप, दीपक यादव सहित साइबर टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही। साइबर पुलिस की अपील पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि शेयर ट्रेडिंग, ऑनलाइन निवेश और त्वरित मुनाफे के नाम पर आने वाले अनजान कॉल, मैसेज और सोशल मीडिया लिंक पर भरोसा न करें। किसी भी साइबर ठगी की स्थिति में तत्काल 1930 हेल्पलाइन या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं।
नूंह जिला कारागार में बंद कैदियों और उनके परिजनों को कानूनी सहायता उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA) ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। जेल के मुलाकाती क्षेत्र में एक विशेष हेल्प डेस्क स्थापित किया गया है। यहां आने वाले लोगों को मुफ्त कानूनी सलाह, उनके अधिकारों की जानकारी और विभिन्न न्यायिक प्रक्रियाओं से संबंधित मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाएगा। हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशों के तहत यह व्यवस्था शुरू की गई है। हेल्प डेस्क पर पैरा लीगल वालंटियर्स तैनात किए इसका मुख्य उद्देश्य जेल में बंद कैदियों और उनके परिवारों को कानूनी जानकारी के अभाव में होने वाली परेशानियों से राहत दिलाना है। हेल्प डेस्क पर पैरा लीगल वालंटियर्स (PLV) तैनात किए गए हैं, जो निर्धारित रोस्टर के अनुसार अपनी सेवाएं देंगे। ये वालंटियर्स मुलाकात के लिए आने वाले परिजनों की समस्याएं सुनेंगे और उन्हें उचित कानूनी सहायता प्राप्त करने का मार्ग बताएंगे। सीजेएम नेहा गुप्ता ने बताया कि जेल में बंद कैदियों के परिवारों को जमानत, अपील, मुकदमों की प्रगति और सरकारी कानूनी सहायता योजनाओं की पर्याप्त जानकारी नहीं होती। जानकारी के अभाव में उन्हें कई बार अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में यह हेल्प डेस्क उनके लिए एक महत्वपूर्ण सहारा साबित होगा। मुफ्त कानूनी सहायता उपलब्ध कराना जिम्मेदारी : सीजेएम DLSA सचिव और CJM नेहा गुप्ता ने बताया कि, सभी को न्याय की समान पहुंच सुनिश्चित करना विधिक सेवा प्राधिकरण का प्रमुख उद्देश्य है। उन्होंने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर, जरूरतमंद और कानूनी जानकारी से वंचित लोगों को मुफ्त कानूनी सहायता उपलब्ध कराना प्राधिकरण की जिम्मेदारी है। इसी सोच के तहत जिला कारागार के मुलाकाती क्षेत्र में हेल्प डेस्क की शुरुआत की गई है। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की इस पहल को न्याय व्यवस्था को अधिक जनहितैषी और सुलभ बनाने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
यूपी में सीतापुर और अंबेडकरनगर समेत 30 जिलों के BSA (बेसिक शिक्षा अधिकारी) बदल दिए गए हैं। साथ ही 18 जिलों में डायट प्राचार्य और वरिष्ठ प्रवक्ता का भी तबादला कर दिया गया है। अलीगढ़ के बीएसए राकेश सिंह को आगरा भेजा गया है। राकेश सिंह ने सभी शिक्षकों को अजीबोगरीब निर्देश दिया था कि स्कूलों से निकलकर सरकारी शिक्षक अब सड़कों पर आवारा कुत्तों की गिनती करेंगे। सरकारी शिक्षक डॉग ट्रैकर के रूप में काम करेंगे। शिक्षकों को इस काम के लिए अलग मेहनताना भी नहीं मिलेगा। वहीं, भूपेंद्र सिंह वाराणसी के नए BSA (बेसिक शिक्षा अधिकारी) होंगे। वाराणसी के बीएसए अनुराग श्रीवास्तव को अभी वेटिंग में रखा गया है। यहां उनका कार्यकाल करीब 8 महीने ही रहा। आगरा में सूचना के अधिकार अधिनियम (आरटीआई) में सूचना नहीं देना जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी जितेंद्र गोंड को भारी पड़ गया। मार्च-2023 में ममता वलेचा की ओर से मांगी गई सूचना को उपलब्ध न कराने का दोषी मानते हुए राज्य सूचना आयुक्त अजय कुमार उप्रेती ने 250 रुपए प्रतिदिन के हिसाब से 25,000 रुपए का अर्थदंड लगाया था। अब जितेंद्र को झांसी का बीएसए बनाकर भेजा गया है। नोएडा की दीपा भाटी की कहानी है प्रेरणा देने वाली ग्रेटर नोएडा के राजकीय बालिका इंटर कॉलेज की प्रिंसिपल दीपा भाटी को हापुड़ का बीएसए बनाकर भेजा गया है। दीपा भाटी की कहानी भी काफी दिलचस्प है। उन्होंने शादी के 18 साल बाद साल-2021 में यूपी पीसीएस परीक्षा में 166वीं रैंक हासिल की थी। उनके तीन बच्चे भी हैं। जिस समय उन्होंने यह परीक्षा पास की, उनकी बड़ी बेटी 12वीं कक्षा में थी। दीपा ने गले की बीमारी के कारण अपनी पुरानी टीचिंग की नौकरी छोड़ दी थी। इसके बाद उन्होंने सिविल सर्विस की तैयारी शुरू की थी। 2 बार असफल होने और रिश्तेदारों के ताने सुनने के बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी थी। फिर तीसरे प्रयास में पीसीएस की परीक्षा में सफलता हासिल की थी। अलीगढ़ BSA राकेश सिंह ने बेटे के 60% अंकों पर बढ़ाया हौसला अलीगढ़ के BSA राकेश सिंह का तबादला आगरा कर दिया गया है। राकेश सिंह पिछले साल अपनी एक सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर काफी चर्चा में आए थे। दरअसल, उनके बेटे ऋषि ने 12वीं की परीक्षा में 60% अंक हासिल किए थे। इसके बाद वह अपने परिणाम से थोड़ा निराश था। बेटे का मनोबल बढ़ाने के लिए राकेश सिंह ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट लिखी। लिखा- वे बेटे के 60% अंकों से उतने ही खुश हैं, जितने कभी अपने करियर के चयन पर हुए थे। राकेश सिंह ने यह भी साझा किया था कि उन्हें हाईस्कूल में 60%, इंटरमीडिएट में 75% और ग्रेजुएशन में 52% अंक मिले थे। इसके बावजूद उन्होंने जीवन में सफलता हासिल की। अंकों से ज्यादा मेहनत और आत्मविश्वास को महत्व देने वाला उनका यह संदेश सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुआ था। देखें लिस्ट खबर लगातार अपडेट हो रही है…
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय महामंत्री और राज्यसभा सांसद अरुण सिंह रविवार को एक दिवसीय प्रवास पर उदयपुर पहुंचेगे। इस दौरान उन्होंने केंद्र सरकार के 12 वर्षों पर आयोजित परिचर्चा में भाग लेंगे, भगवान श्रीनाथजी के दर्शन करेंगे और एक प्रतिभा सम्मान समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। भाजपा मीडिया संभाग प्रभारी चंचल कुमार अग्रवाल द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, अरुण सिंह सुबह 11:50 बजे डबोक स्थित उदयपुर एयरपोर्ट पहुंचेंगे। यहां भाजपा शहर जिलाध्यक्ष गजपाल सिंह राठौड़ और देहात जिलाध्यक्ष पुष्कर तेली सहित कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत करेंगे। एयरपोर्ट से वे सीधे नाथद्वारा रोड स्थित होटल लाभगढ़ रिसॉर्ट पहुंचेंगे। यहां उन्होंने भाजपा शहर एवं देहात के अपेक्षित कार्यकर्ताओं के साथ केंद्र सरकार के 'विश्वास, विकास और जन कल्याण के 12 वर्ष' विषय पर आयोजित परिचर्चा में हिस्सा लेंगे। परिचर्चा के बाद, अरुण सिंह दोपहर 3:40 बजे नाथद्वारा के लिए रवाना होंगे, जहां उन्होंने भगवान श्रीनाथजी के दर्शन करेंगे। इसके बाद, शाम 5:00 बजे वे राजसमंद के भिक्षु निलयम पहुंचेंगे और किरण माहेश्वरी स्मृति मंच द्वारा आयोजित प्रतिभा सम्मान समारोह में बतौर मुख्य अतिथि उपस्थित होंगे।
दतिया में बेटी और बेटे को समान रूप से देखे जाने का शनिवार को शहर में उत्कृष्ट उदाहरण देखने को मिला। बेटी ने बेटे का फर्ज निभाते हुए न केवल पिता की अर्थी न केवल कंधा दिया बल्कि मुखाग्नि देकर अंतिम संस्कार किया। भोपाल निवासी जितेंद्र दुबे का शुक्रवार-शनिवार दरम्यानी रात आकस्मिक निधन हो गया। दुबे लंबे समय से बीमार चल रहे थे और असाध्य बीमारी से लड़ते हुए उन्होने अंतिम सांस ली। निधन के बाद जितेंद्र के पार्थिव शरीर को दतिया लाया गया। दतिया में पंचशील नगर से उनकी पार्थिव देह का रीति रिवाज के साथ अंतिम संस्कार के लिए हाईवे स्थित सखी बाबा मुक्तिधाम ले जाया गया। जितेंद्र दुबे का अंतिम संस्कार उनकी पुत्री रेशू दुबे ने किया। रेशू ने पिता के शव को कंधा देने के साथ विधि विधान से अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी की और मुखाग्नि दी। शोक के माहौल में सभी बेटी के धैर्य की प्रशंसा करते हुए अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की।
समस्तीपुर में जिला भाजपा उत्तरी का दो दिवसीय आवासीय 'पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाअभियान आज शंभू पट्टी में शुरू हुआ। प्रशिक्षण वर्ग का प्रारंभ वर्ग गीत के साथ हुआ। इस मौके पर बिहार सरकार के राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन करते हुए कहा के केंद्र और राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने में संगठन व कार्यकर्ताओं की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। कार्यकर्ता ही किसी भी राजनीतिक संगठन की वास्तविक शक्ति और मजबूती का आधार हैं। कार्यकर्ताओं के परिश्रम, समर्पण और जनसंपर्क के बल पर ही पार्टी जनता का विश्वास अर्जित करती है। सरकार बनाने में सफल होती है। उन्होंने सभी कार्यकर्ताओं से सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों को घर-घर तक पहुंचाने का आह्वान किया। मंत्री ने सरकार की ओर से किए गए जनकल्याणकारी काम व जिले के प्रमुख ऐतिहासिक और संगठनात्मक पड़ावों पर आधारित प्रदर्शनी का आयोजन किया। प्रदर्शनी में जिले में भाजपा के प्रारंभिक दौर के नेताओं और जनप्रतिनिधियों के योगदान को भी प्रदर्शित किया गया। प्रदर्शनी का संयोजन और संचालन वीरेंद्र यादव ने किया। इससे पूर्व लोगों भारत माता, पंडित दीनदयाल उपाध्याय और डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के तैल्यचित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर व दीप प्रज्वलित किया। इसके साथ ही वंदे मातरम् के सामूहिक गायन के साथ कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन किया। सांस्कृतिक राष्ट्रवाद से लेकर परिवार की अवधारणा की दी जानकारी द्वितीय सत्र में उत्तर-पूर्व क्षेत्र के प्रशिक्षण प्रमुख राजेंद्र भंडारी ने एकात्म मानव दर्शन और सांस्कृतिक राष्ट्रवाद (पांच निष्ठाएं) पर मार्गदर्शन दिया। तृतीय सत्र में कार्यक्रम कार्यान्वयन समिति ललन मंडल ने मीडिया विमर्श पर अपना विचार रखा। चतुर्थ सत्र में प्रशिक्षण प्रमुख राजकुमार शर्मा ने विचार परिवार की अवधारणा को विस्तार से समझाया। पंचम सत्र में संस्कृत शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष मृत्युंजय झा ने कार्यकर्ता विकास, गुण, आचरण और अपेक्षाओं पर प्रकाश डाला। जबकि छठे सत्र में अध्यक्ष, बिहार राज्य धार्मिक न्यास बोर्ड रणवीर नंदन ने पार्टी की कार्यपद्धति की जानकारी दी। सप्तम (व्यवहारिक) सत्र में पूर्व केंद्रीय मंत्री, अश्विनी कुमार चौबे ने सामाजिक अध्ययन, मीडिया के व्यवहारिक पक्ष और बूथ प्रबंधन में डेटा की भूमिका पर कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन किया। प्रशिक्षण वर्ग कार्यकर्ताओं के वैचारिक, संगठनात्मक और व्यवहारिक विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। सभी वरिष्ठ नेताओं, पदाधिकारियों और कार्यकर्ता साथियों ने प्रशिक्षणार्थी के रूप में उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए संगठन की विचारधारा, कार्यपद्धति व जनसेवा के संकल्प को और अधिक सुदृढ़ बनाने का संकल्प लिया।
यूपी में बढ़ते अपराध से सीएम योगी खफा:थोड़ी देर में करेंगे बड़ी बैठक, कई जिलों के डीएम-एसपी भी जुड़ेंगे
यूपी में हाल के दिनों में बड़ी आपराधिक घटनाओं से सीएम योगी काफी नाराज हैं। योगी ने शनिवार को अचानक ज्यादा अपराध वाले जिलों को तलब किया है। वह रात 9 बजे के बाद इन जिलों के पुलिस कप्तान और डीएम के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बड़ी बैठक करेंगे। बैठक में सभी जोन के एडीजी, आईजी और डीआईजी के अलावा पुलिस कमिश्नर भी शामिल रहेंगे। इसके अलावा 4 जिलों के पुलिस कप्तानों को भी जुड़ने के लिए कहा गया है। इनमें गाजीपुर, जौनपुर, पीलीभीत और बागपत जिला शामिल है। इन जिलों में पिछले दिनों हत्या की बड़ी वारदात अंजाम दी गई हैं। इन जिलों के डीएम को भी बुलाया गया है। इसके अलावा नोएडा, गाजियाबाद, वाराणसी और लखनऊ के जिलाधिकारियों को भी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से जुड़ने को कहा गया है। योगी बड़ी वारदात से नाराज, ले सकते हैं कड़ा एक्शन बैठक की खास बात यह है कि जिन जिलों में हाल के दिनों में बड़ी आपराधिक घटना हुई है, वहां के डीएम-एसपी दोनों को बुलाया गया है। इसके अलावा सभी पुलिस कमिश्नर को भी जुड़ने के लिए कहा गया है। लेकिन, जहां बड़ी वारदात हुई हैं, वहां के जिलाधिकारियों को भी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से जुड़ने के लिए कहा गया है। लखनऊ में प्रॉपर्टी डीलर की दिनदहाड़े हत्या, नोएडा के जेवर में गोपाल शर्मा हत्या कांड, गाजीपुर में होटल व्यवसाई की हत्या, वाराणसी में व्यापारी मनीष सिंह की हत्या, जौनपुर में दूल्हे की हत्या, गाजियाबाद में सूर्या चौहान की हत्या, पीलीभीत में स्कूल संचालक की हत्या और बागपत में मैकेनिक की हत्या की घटनाओं से मुख्यमंत्री बेहद नाराज बताए जा रहे हैं। वाराणसी में डीएम-कमिश्नर को महिलाओं ने गिफ्ट की थीं चूड़ियां वाराणसी में व्यापारी मनीष सिंह की हत्या के बाद आरोपियों के खिलाफ अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई थी। इसके बाद मृतक के नाराज परिजनों ने पुलिस कमिश्नर और डीएम को चूड़ियां भिजवाई थीं। यही वजह है कि योगी शनिवार को कानून-व्यवस्था पर बैठक के बाद कुछ बड़े एक्शन भी ले सकते हैं। इसमें जिलों के कप्तानों के साथ पुलिस कमिश्नर और डीसीपी के खिलाफ भी कार्रवाई हो सकती है। अब जानिए उन घटनाओं के बारे में, जिनसे योगी खफा हैं लखनऊ में हुई थी प्रॉपर्टी डीलर की गोली मारकर हत्या लखनऊ में 27 मई (बुधवार) की दोपहर एक प्रॉपर्टी डीलर संदीप सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी गई। वह अपने ऑफिस के सामने मोबाइल से बात कर रहे थे। तभी बदमाशों ने उन पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दी थीं। आसपास के लोगों ने प्रॉपर्टी डीलर को अपेक्स ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई थी। प्रॉपर्टी डीलर संदीप सिंह जौनपुर के रहने वाले थे। जौनपुर में बारात रोककर दूल्हे को मार डाला था जौनपुर में के बडऊर गांव के रहने वाले रामलखन के बेटे आजाद की 22 मई को शादी थी। आजाद पुणे में एक प्राइवेट कंपनी में काम करता था। उसकी बारात 20 किमी दूर खेतासराय थाना क्षेत्र के बीबीपुर गांव के लिए रात 8 बजे निकली। बारात में तीन गाड़ियां थीं। एक में दूल्हा और बाकी दोनों गाड़ियों में परिवार के लोग बैठे थे। आजाद बिंद कार की अगली सीट पर बैठा था। मोबाइल चला रहा था। कार रोड के किनारे खड़ी थी। तभी अपाचे बाइक पर सवार होकर दो लोग आए। मुंह पर गमछा बंधा था, रात में भी आंखों पर धूप का चश्मा लगाए थे। बाइक की नंबर प्लेट पर भी कपड़ा बंधा था। कार का शीशा खटखटाया। जैसे ही शीशा नीचे हुआ, पीछे बैठे युवक ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। इसमें आजाद की मौत हो गई थी। गाजीपुर में हुई करोड़पति होटल कारोबारी के बेटे की हत्या गाजीपुर में करोड़पति होटल कारोबारी के 29 साल के बेटे की गोली मारकर हत्या कर दी गई। 29 मई (शुक्रवार) की रात 4 नकाबपोश बदमाशों ने होटल के गेट पर घेरकर चार गोलियां मारीं। चारों बदमाश 2 बाइक से बियर लेने के बहाने पहुंचे थे। हमला उस वक्त हुआ जब होटल मालिक आलोक राय के बेटे विनीत घर के लिए निकल रहे थे। वह गाड़ी की तरफ बढ़ रहे थे, तभी बदमाशों ने दो पिस्टल से विनीत पर फायरिंग शुरू कर दी। हाथ और कमर में एक-एक गोली लगी, जबकि सीने में दो गोलियां मारीं। बदमाशों ने गार्ड को भी मारने के लिए दौड़ाया। उसने भागकर जान बचाई। इसके बाद बदमाश हवाई फायरिंग करते हुए फरार हो गए। गार्ड ने होटल मालिक को फोन कर सूचना दी। विनीत को मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मामले में सदर कोतवाल महेंद्र सिंह को लाइन हाजिर कर दिया गया है।
टोंक जिले के ज्यादातर अधिकांश हिस्सों में शनिवार शाम 6.45 बजे अचानक मौसम बदल गया। तेज अंधड़ के साथ रिमझिम बारिश हुई। इस दौरान आकाशीय बिजली भी गर्जना के साथ चमकती रही। ऐसे में सड़कों पर गाड़ियों की रफ्तार धीमी हो गई। कई ड्राइवर गाड़ी रोक छुपने की जगह तलाशने लगे। इससे पहले धूल भरी आंधी चलने से परेशानी का सामना करना पड़ा। कई जगह टीनशेड उड़ गए और तिरपाल फट गए। हालांकि जनहानि की सूचना नहीं है। अंधड़ आने के कारण बाजार सूना हो गया और लोग घरों में दुबक गए। रुक-रुककर होती रही बारिश टोंक शहर में शाम 7.40 बजे अचानक तेज आधी के साथ बारिश होने लगी। करीब दस मिनट तक बारिश हुई। तेज हवा का दौर रुक-रुककर जारी रहा। उधर सोप कस्बे के मेन बस स्टैंड के पास आबादी एरिया से गुजर रही 11 केवी बिजली लाइन में शाम करीब 7:15 बजे स्पार्किंग होने लगी। तार पेड़ की टहनियों को छूने लगे। इससे चिंगारियां निकलने लगीं और पेड़ की टहनियों में आग लग गई। इस दौरान वहां मौजूद लोग दूर भाग खड़े हुए। करीब 15 मिनट बाद फिर लाइट गुल हो गई । फिर कुछ देर बाद आग बुझ गई।
पंजाब के पुलिस महानिदेशक (DGP) गौरव यादव ने शनिवार को अमृतसर का एक महत्वपूर्ण आधिकारिक दौरा किया। इस दौरान उन्होंने सीमावर्ती क्षेत्र की सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को और अधिक चाक-चौबंद करने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की। डीजीपी ने अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस के तहत बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और अपराधियों पर नकेल कसने के लिए कई बड़े डिजिटल और प्रशासनिक सुधारों की शुरुआत की। अमृतसर बना राज्य का चौथा 'ई-चालान' शहर; ट्रैफिक नियम तोड़ना पड़ेगा भारी अमृतसर में तकनीक आधारित स्मार्ट पुलिसिंग को बढ़ावा देते हुए डीजीपी ने कमिश्नरेट पुलिस में स्वचालित ई-चालान प्रणाली (Automated E-Challan System) का आधिकारिक शुभारंभ किया। इस आधुनिक व्यवस्था के लागू होने के साथ ही अमृतसर अब एसएएस नगर (मोहाली), जालंधर और लुधियाना के बाद पंजाब का चौथा ऐसा प्रमुख शहर बन गया है, जहाँ यातायात नियमों की निगरानी और चालान पूरी तरह डिजिटल हो गए हैं। इस प्रणाली से ट्रैफिक प्रवर्तन में पारदर्शिता आएगी, भ्रष्टाचार पर रोक लगेगी और सड़क सुरक्षा को मजबूती मिलेगी। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत 'मोहकमपुरा पुलिस स्टेशन' का उद्घाटन अपने दौरे के दौरान डीजीपी गौरव यादव ने स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत नवनिर्मित अत्याधुनिक मोहकमपुरा पुलिस स्टेशन की इमारत का उद्घाटन कर इसे जनता को समर्पित किया। उन्होंने कहा कि पुलिसिंग के बुनियादी ढांचे (Infrastructure) को आधुनिक बनाना समय की मांग है। यह नया और सर्वसुविधा संपन्न थाना न केवल पुलिस कर्मियों को काम करने का बेहतर माहौल देगा, बल्कि यहाँ आने वाले आम नागरिकों को भी त्वरित और बेहतर सेवाएं मिल सकेंगी। जनता की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता, नए ट्रेंड्स पर पैनी नजर डीजीपी ने कहा कि बदलते समय के साथ अपराध के तौर-तरीके भी बदले हैं। पुलिस अधिकारियों को उभरते हुए नए अपराध रुझानों (Trends) का बारीकी से आकलन करना होगा। निवारक पुलिसिंग (Preventive Policing) रणनीतियों को और अधिक प्रभावी बनाएं और आम जनता की जान-माल की सुरक्षा को हर हाल में सर्वोच्च प्राथमिकता दें। 'बड़े खाने' में एक परिवार की तरह जुटे सेना, सिविल और पुलिस अधिकारी औपचारिक बैठकों के बाद, डीजीपी गौरव यादव ने पंजाब पुलिस के जवानों और अधिकारियों का हौसला बढ़ाने के लिए आयोजित पारंपरिक 'बड़ा खाना' कार्यक्रम में शिरकत की। इस अनूठे समागम में पंजाब पुलिस के सभी रैंकों के कर्मचारियों के साथ-साथ भारतीय सेना (Indian Army), भारतीय वायुसेना (IAF), सीमा सुरक्षा बल (BSF), न्यायपालिका और सिविल प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी भी एक परिवार की तरह एक ही छत के नीचे एकत्रित हुए, जो विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों के बीच आपसी समन्वय की बेहतरीन मिसाल है। जांबाज पुलिस कर्मियों को मिला 'DGP कमेंडेशन डिस्क' सम्मान जवानों से सीधा संवाद करते हुए डीजीपी ने उनके अनुभव सुने और उनकी निष्ठा व देश के लिए दिए गए बलिदानों की खुलकर सराहना की। उन्होंने आश्वस्त किया कि पंजाब पुलिस का नेतृत्व जवानों और उनके परिवारों के कल्याण (Welfare) के लिए हमेशा प्रतिबद्ध है। इस मौके पर उत्कृष्ट और बेदाग सेवाओं, कर्तव्यनिष्ठा और पेशेवर कार्यशैली का प्रदर्शन करने वाले कई पुलिस अधिकारियों और जवानों को डीजीपी प्रशंसा चक्र (DGP Commendation Discs), प्रशस्ति पत्र और नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।
कलयुग में अब पुण्य भी ऑनलाइन बिकने लगा है। आस्था के नाम पर ठगी करने वाले एक शातिर डिजिटल तांत्रिक को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी ने दतिया के प्रसिद्ध मां श्री पीतांबरा पीठ के नाम पर फर्जी वेबसाइट बनाई और देश-विदेश के श्रद्धालुओं को लाखों रुपए का चूना लगा दिया। पकड़े गए आरोपी का नाम सुनील शर्मा है, जो मूल रूप से राजगढ़ के पचोर का रहने वाला है और हाल में आगर मालवा में रह रहा था। पुलिस ने शनिवार को आरोपी को कोर्ट में पेश कर दो दिन की रिमांड पर लिया है। आरोपी से पूछताछ जारी है। इसमें अभी कई लोगों के शामिल होने की संभावना है। पुलिस जल्द ही उन तक भी पहुंच सकती है। व्यवस्थापक ने पुलिस से शिकायत की थीइस पूरे मामले का खुलासा तब हुआ जब पीतांबरा पीठ के व्यवस्थापक महेश दुबे ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि कुछ लोग माई की तस्वीर का गलत इस्तेमाल कर रहे हैं। मां पीतांबरा के नाम पर तीन फर्जी वेबसाइट्स और श्री मंदिर ऐप के माध्यम से ऑनलाइन मिर्ची हवन का प्रचार किया जा रहा था। श्रद्धालुओं से इसके बदले भारी-भरकम रकम वसूली गई। पीठ के व्यवस्थापक दुबे ने बताया था कि पीतांबरा पीठ में मिर्ची हवन जैसा कोई भी अनुष्ठान नहीं होता है। वेबसाइट पूरी तरह फर्जी है और इसके जरिए लोगों के साथ छल किया गया है। आरोपी सुनील शर्मा ने खुद को डिजिटल तांत्रिक के रूप में स्थापित कर रखा था। दतिया में 24 अप्रैल को गहोई वाटिका में इस तथाकथित डिजिटल मिर्ची हवन के नाम पर बड़ा आयोजन किया गया था। इंटरनेट पर विज्ञापन देखकर लोगों ने पुण्य कमाने के चक्कर में खर्ज भी किया। वेबसाइट पर लाखों रुपए का संदिग्ध ट्रांजक्शन हुआ था। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस की साइबर सेल एक्टिव हुई। पुलिस ने वैज्ञानिक और तकनीकी साक्ष्यों (साइंटिफिक एविडेंस) का सहारा लिया। लोकेशन ट्रेस करते हुए कोतवाली पुलिस ने आगर मालवा में दबिश दी और इस मिर्ची बाबा को दबोच लिया। पुलिस खंगाल रही है बैंक खाते और नेटवर्ककोतवाली टीआई धीरेंद्र मिश्रा ने बताया कि आरोपी सुनील पिता दिलीप शर्मा को गिरफ्तार कर लिया गया है। कोर्ट से दो दिन की पुलिस रिमांड मिली है। आरोपी के बैंक खातों की जांच की जा रही है ताकि पता चल सके कि अब तक कितने लाख रुपए का ट्रांजैक्शन हुआ है। इस गिरोह में कुछ और लोगों के शामिल होने की आशंका है, जिनकी तलाश में छापेमारी की जा रही है।
दिल्ली पुलिस की ईस्टर्न रेंज ने ऑपरेशन विश्वास के तहत एक बड़ा कदम उठाते हुए नागरिकों का भरोसा और मजबूत किया है। पुलिस ने विभिन्न इलाकों से चोरी और गुम हुए 532 मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक मालिकों को वापस सौंप दिए हैं। न्यू अशोक नगर स्थित महाराजा अग्रसेन कॉलेज में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम के दौरान इन मोबाइलों का वितरण किया गया। सालों या महीनों पहले खो चुके अपने कीमती फोन को वापस पाकर लोगों के चेहरों पर खुशी साफ दिखाई दी। कई लोगों ने कहा कि उन्हें फोन मिलने की उम्मीद छोड़ दी थी, लेकिन दिल्ली पुलिस ने इसे सच कर दिखाया। स्पेशल सीपी सहित कई बड़े अधिकारी रहे मौजूद इस खास कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में स्पेशल सीपी (जोन-1) देवेश चंद्र श्रीवास्तव और ज्वाइंट सीपी (ईस्टर्न रेंज) डॉ अजीत कुमार सिंगला मौजूद रहे। इनके अलावा ईस्ट जिले के डीसीपी राजीव कुमार, शाहदरा के डीसीपी आरपी मीणा और नॉर्थ-ईस्ट के डीसीपी राहुल अलवाल सहित कई वरिष्ठ अधिकारियों ने नागरिकों को उनके फोन सौंपे। साइबर क्राइम और नशे के खिलाफ दी गई सख्त चेतावनी समारोह की शुरुआत में पुलिस ने साइबर जागरूकता और नशा विरोधी सत्र भी आयोजित किए। अधिकारियों ने लोगों को डिजिटल अरेस्ट, ओटीपी फ्रॉड, फर्जी निवेश योजनाओं और ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी (साइबर ठगी) से बचने के तरीके सिखाए। पुलिस ने अपील की कि यदि कोई भी व्यक्ति साइबर अपराध का शिकार होता है, तो वह तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर इसकी सूचना दे।
उज्जैन जिले के उन्हेल थाना क्षेत्र के ग्राम पिपलिया डाबी में शनिवार सुबह एक युवक का शव उसके खेत में मिला। मृतक की पहचान पिपलिया डाबी निवासी 30 वर्षीय भारत सिंह पिता भगवान सिंह के रूप में हुई है। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जमा हो गए। सूचना मिलने पर उन्हेल थाना प्रभारी संतोष चौहान पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। मामले की गंभीरता को देखते हुए नागदा सीएसपी विक्रम अहिरवार को सूचित किया गया, जिसके बाद वे भी मौके पर पहुंचे। आईपीएस प्रशिक्षु काजल सिंह ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। घटनास्थल की परिस्थितियों को संदिग्ध मानते हुए पुलिस ने उज्जैन से एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी) टीम और डॉग स्क्वॉड को बुलाया। एफएसएल टीम ने मौके से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए, जबकि डॉग स्क्वॉड ने आसपास के क्षेत्र में सुराग तलाशने का प्रयास किया। सीएसपी विक्रम अहिरवार ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला हत्या का प्रतीत हो रहा है। आशंका है कि अज्ञात आरोपियों ने युवक की हत्या कर शव उसके खेत में फेंक दिया। हालांकि, मौत के सही कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। सीएसपी अहिरवार ने कहा कि पुलिस हर एंगल से जांच कर रही है और जल्द ही पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा। पुलिस फिलहाल मामले की गहन जांच में जुटी हुई है।
फलोदी में आंधी-बारिश से बदला मौसम:शाम को काली-पीली आंधी के बाद तेज बारिश से मिली राहत
मौसम विभाग की चेतावनी आज शाम को पूरी तरह सटीक साबित हुई। क्षेत्र में शाम करीब 6 बजे काली-पीली आंधी और तेज बारिश ने दस्तक दी, जिससे मौसम में अचानक बदलाव आया। इस दौरान दिन में ही रात जैसा अंधेरा छा गया। तेज हवाओं के साथ उड़ी धूल के कारण कुछ ही मिनटों में चारों ओर घोर अंधेरा छा गया। विजिबिलिटी कम होने से सड़कों पर वाहन चालकों को हेडलाइट जलाकर धीमी गति से चलना पड़ा। राहगीरों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। आंधी के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए, सुरक्षा के मद्देनजर डिस्कॉम ने बिजली आपूर्ति बंद कर दी। इससे क्षेत्र के कई इलाकों में अंधेरा छा गया। शाम करीब साढ़े 6 बजे तेज हवाओं के साथ बारिश शुरू हो गई, जिसके साथ आसमानी बिजली भी कड़कती रही। बारिश शुरू होने के बाद गर्मी और उमस से परेशान लोगों को बड़ी राहत मिली। तेज आंधी और बरसात के चलते तापमान में भी कमी दर्ज की गई, जिससे मौसम सुहावना हो गया।
भारतीय जनता पार्टी के देखरेख में पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान आयोजित हुई है। इसके अंतर्गत संस्थानिक जिला दरभंगा पूर्वी की दो दिवसीय जिला स्तरीय प्रशिक्षण बैठक का शुभारंभ आज विधिवत झंडोत्तोलन, फीता काटकर और दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष विनय कुमार पासवान ने की, जबकि जिला महामंत्री संजय कुमार सिंह उर्फ पप्पू सिंह ने संयोजक और मंच संचालक के रूप में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कुल सात सत्र आयोजित किए प्रशिक्षण महाभियान के पहले दिन कुल सात सत्र आयोजित किए गए। पहले सत्र में राजकुमार शर्मा ने कार्य पद्धति विषय पर संगठनात्मक काम की रूपरेखा और कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारियों पर विस्तार से प्रकाश डाला। दूसरे सत्र में भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष राजेश कुमार ने हमारा इतिहास और गौरव विषय पर पार्टी की वैचारिक यात्रा और उपलब्धियों को रेखांकित किया। मृत्युंजय झा ने बताया कि बिहार में 52 स्थानों पर प्रशिक्षण वर्ग आयोजित किए जा चुके हैं और जिला स्तर पर लगभग 20 हजार कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया गया है। इससे पहले मंडल स्तर पर करीब डेढ़ लाख कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण दिया गया था। उन्होंने कहा कि चुनाव के बाद भी भाजपा लगातार संगठन को सक्रिय रखने और कार्यकर्ताओं के प्रशिक्षण पर विशेष जोर देती है, यही कारण है कि पार्टी आज दुनिया की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी के रूप में स्थापित है। दो दिवसीय इस प्रशिक्षण महाभियान के दूसरे दिन भी विभिन्न विषयों पर प्रशिक्षण और मार्गदर्शन सत्र आयोजित किए जाएंगे, जिसमें संगठन को और अधिक मजबूत और सक्रिय बनाने पर विशेष जोर दिया जाएगा।
सीएम भजनलाल शर्मा ने भ्रष्टाचार करने वालों और कानून तोड़ने वालों को सख्त लहजे में चेतावनी दी है। सीएम ने कहा- भ्रष्टाचारी हो या कानून तोड़ने वाले, कान खोलकर सुन लें। या तो गुंडा राजस्थान में आएगा नहीं और आएगा तो राजस्थान से जाएगा नहीं। भ्रष्टाचारियों और कानून तोड़ने वालों को उचित स्थान पर पहुंचाया जाएगा, चाहे वह कैसा भी हो , कितना ही बड़ा हो उसे उसके स्थान पर पहुंचाया जाएगा। सीएम भजनलाल शर्मा शनिवार को जयपुर में नगरपालिका कर्मचारी फेडरेशन के सम्मेलन में बोल रहे थे। भ्रष्टाचार के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही सरकार सीएम भजनलाल शर्मा ने कहा- हमारी सरकार भ्रष्टाचार के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है। पीएम मोदी ने कहा था, न खाऊंगा न खाने दूंगा, हम उसी मूल मंत्र पर चल रहे हैं। नारे देने के लिए खूब होते हैं। हमारी सरकार ने भ्रष्टाचार के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है। भ्रष्टाचार सामने आने के बाद हमने 103 अफसरों को सस्पेंड किया है। 6 अफसरों को सेवा से बर्खास्त किया है और 11 भ्रष्ट अधिकारियों की आजीवन पेंशन पर रोक लगाई है। वहीं रिश्वत, ट्रैप, पद का दुरुपयोग, आय से अधिक संपत्ति प्रकरणों के 108 मामलों में अभियोजन स्वीकृति दी है और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 17-ए के तहत 37 प्रकरणों में भी कठोर कार्रवाई की है। झूठ और लूट की राजनीति करने वालों ने देश को लूटा सीएम ने नाम लिए बिना कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा- झूठ और लूट की राजनीति करने वालों ने इसी तरह लुभावने नारे देकर देश को लूटा है, उन्होंने देश को बर्बाद किया है, झूठ की राजनीति और भ्रष्टाचार किया है। चार लाख से ज्यादा ही नौकरियां देंगे उससे कम नहीं सीएम ने कहा- हमने चार लाख सरकारी नौकरियों का वादा किया था। सवा लाख नियुक्ति पत्र दे दिए, 1.35 लाख प्रक्रियाधीन है। 1.25 लाख नौकरियों का कैलेंडर जारी कर दिया है। हम चार लाख से ज्यादा नौकरियां देंगे, उससे कम नहीं देंगे। सीएम के अच्छे काम से कुछ लोगों को तकलीफ केंद्रीय कृषि और किसान कल्याण राज्य मंत्री भागीरथ चौधरी ने कहा कि राजस्थान को मुख्यमंत्री के रूप में एक किसान पुत्र का नेतृत्व मिला है। सीएम ने किसानों के कल्याण और प्रदेश के समग्र विकास के लिए कई फैसले किए हैं। मुख्यमंत्री लगातार गांवों और शहरों में जाकर आमजन से संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं के समाधान के लिए संवेदनशीलता के साथ काम कर रहे हैं। सीएम के अच्छे काम से कुछ लोगों को तकलीफ हो रही है। इससे कुछ होने वाला नहीं है, लेकिन कुछ लोगों की फितरत होती है। कोई आगे बढ़ता है तो जलते हैं, तकलीफ होती है।
दमोह के जागेश्वरधाम बांदकपुर में शनिवार को कलेक्टर प्रताप नारायण यादव की समीक्षा बैठक के दौरान ही दो पक्ष आपस में भिड़ गए। झंडा बाजार की दुकानों और अतिक्रमण की अफवाहों को लेकर हुई इस तीखी बहस को एसडीएम और अन्य अधिकारियों ने बामुश्किल शांत कराया। वहीं, निर्माण कार्यों की सुस्त रफ्तार देख कलेक्टर ने सख्त नाराजगी जाहिर की है। दुकानों को लेकर विवाद, एसडीएम ने कराया शांत बैठक के दौरान खसरा नंबर 180 (झंडा बाजार) की दुकानों को लेकर विवाद गहरा गया। बांदकपुर सरपंच सुनील डब्लू और व्यापारियों का आरोप था कि कुछ लोग इन दुकानों को अतिक्रमण बताकर गिराने की अफवाह फैला रहे हैं। इस दौरान सरपंच ने बताया कि यह आबादी क्षेत्र है और पूर्व की जांच में भी कोई अतिक्रमण नहीं पाया गया है। बहस बढ़ते देख एसडीएम सौरभ गंधर्व ने हस्तक्षेप कर दोनों पक्षों को समझाइश दी। 50% काम भी नहीं हुआ पूरा समीक्षा के दौरान कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने पाया कि निर्माण एजेंसी ने घोर लापरवाही बरती है। उन्होंने बताया कि 30 मई 2026 तक पहले फेज का काम पूरा हो जाना चाहिए था, लेकिन वर्तमान स्थिति में 50% कार्य भी नहीं हुआ है। कलेक्टर ने इसे 'आपत्तिजनक' बताते हुए निर्माण एजेंसी को नोटिस जारी करने और कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। स्थानीय सुझावों की अनदेखी से विवाद कलेक्टर ने माना कि बैठक में हुए विवाद की एक बड़ी वजह यह भी है कि निर्माण एजेंसी ने प्रोजेक्ट तैयार करते समय स्थानीय लोगों और व्यापारियों के सुझावों को शामिल नहीं किया। उन्होंने एजेंसी को निर्देशित किया कि आगे का काम जन-भावनाओं और सुझावों को दृष्टिगत रखते हुए ही किया जाए। श्रद्धालुओं की सुगमता और क्वालिटी पर जोर 100 करोड़ रुपए की कुल लागत वाले इस कॉरिडोर प्रोजेक्ट को लेकर कलेक्टर ने कहा कि यह पूरे जिले का सपना है। उन्होंने निर्माण की गुणवत्ता बनाए रखने और श्रद्धालुओं को सुगमता से दर्शन कराने के उद्देश्य से कार्य को जल्द से जल्द गति देने की बात कही।
अजनाला के सक्की नाले में नहाने गए चार दोस्तों में से एक 16 वर्षीय किशोर अमनदीप सिंह लापता हो गया है। अमनदीप नौवीं कक्षा का छात्र था। उसके परिवार ने साथ गए दोस्तों पर गंभीर आरोप लगाए हैं, उनका कहना है कि यह केवल डूबने का मामला नहीं है। परिजनों के अनुसार, अमनदीप बीती शाम अपने तीन दोस्तों के साथ घर से निकला था। देर रात तक उसके वापस न लौटने पर परिवार ने दोस्तों से संपर्क किया। पहले दोस्तों ने अलग-अलग बहाने बनाए, लेकिन बाद में उन्होंने बताया कि अमनदीप नाले के पानी में डूब गया था। अमनदीप के पिता महिंदर सिंह और अन्य रिश्तेदारों ने इस घटना पर कई सवाल उठाए हैं। घटना की सूचना मिलते पहुंचे गोताखोर घटना की सूचना मिलने के बाद आज सुबह से गोताखोरों की टीम सक्की नाले में अमनदीप की तलाश में जुटी हुई है। गोताखोरों ने बताया कि सुबह से लगातार तलाशी अभियान चलाया जा रहा है, लेकिन खबर लिखे जाने तक किशोर का कोई सुराग नहीं मिल पाया था। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारी बलदेव राज ने बताया कि मामले के हर पहलू की जांच की जा रही है और परिवार द्वारा लगाए गए आरोपों को गंभीरता से लिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि गोताखोरों की तलाश और पुलिस जांच के बाद ही घटना की वास्तविक परिस्थितियों का पता चल सकेगा।
राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के कार्यकर्ताओं द्वारा भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ को काले झंडे दिखाने की बात पर भाजपा के हरियाणा प्रभारी सतीश पूनिया ने कहा कि लोकतंत्र में विरोध करने का अधिकार सबको है, लेकिन वह विरोध तार्किक और मर्यादित होना चाहिए। वहीं मंत्री गौतम के ऑडियो विवाद पर पूनिया ने कहा कि उनके खिलाफ FIR दर्ज हुई है। यह पार्टी की निष्पक्षता को दर्शाता है। हरियाणा भाजपा प्रभारी सतीश पूनिया शनिवार को सीकर में चल रहे भाजपा के दो दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में शिरकत करने के लिए पहुंचे थे। जहां उन्होंने मीडिया से बातचीत में यह बात कही। जनता नेताओं को बड़ा बनाती है, लेकिन मर्यादा ना भूले सतीश पूनिया ने आरएलपी पर पलटवार करते हुए कहा कि राजनीति में शब्दों की गरिमा और आचरण की मर्यादा बनाए रखना जरूरी है। उन्होंने कहा कि जनता नेताओं को बड़ा बनाती है, लेकिन इसका अर्थ यह नहीं कि कोई अपनी मर्यादा ही भूल जाए। सरकार की निष्पक्षता को दर्शाता है मंत्री के खिलाफ मुकदमा होना मंत्री गौतम के ऑडियो विवाद पर पूनिया ने कहा कि मंत्री ने खुद ऑडियो का खंडन करते हुए कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस(AI) से ऑडियो एडिट किया गया है। अब इसकी जांच की जा रही है। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। इस मामले में पार्टी खुद भी संज्ञान ले रही है। मंत्री के खिलाफ मुकदमा दर्ज होना सरकार की निष्पक्षता को दर्शाता है। सतीश पूनिया ने कहा कि वर्तमान में भारतीय जनता पार्टी विश्व की सबसे बड़ी पार्टी है, जिनके करीब 14 करोड़ सदस्य है। किसी भी संगठन की पहचान केवल भीड़ से नहीं होती, बल्कि उसकी विचारधारा, संविधान और कार्य पद्धति उसे मजबूत बनाती है। राजनीति समय के साथ लगातार बदलती रहती है। जनसंघ के दौर में सोशल मीडिया नहीं था, लेकिन आज एआई और भी नए माध्यम तेजी से राजनीति और जनसंपर्क का हिस्सा बन चुके हैं। ऐसे में कार्यकर्ताओं को भी समय के अनुसार अपडेट रहना जरूरी है। 365 दिन काम करने वाली पार्टी है भाजपा पूनिया ने कहा कि प्रशिक्षण शिविर का अभियान पार्टी के द्वारा करीब 1000 संगठनात्मक जिलों में चलाया जा रहा है। आने वाले समय में अलग-अलग मोर्चों के भी प्रशिक्षण आयोजित होंगे। ताकि सभी पार्टी की विचारधारा और कार्यशैली के अनुरूप बेहतर तरीके से कार्य कर सके। भाजपा पहले केवल कैडर आधारित पार्टी थी, लेकिन आज वह कार्यकर्ता आधारित जन संगठन बन चुकी है। भाजपा का 3 से 303 तक पहुंचने का सफर संगठन शक्ति का सबसे बड़ा उदाहरण है। भारतीय जनता पार्टी 365 दिन काम करने वाली पार्टी है।
जयपुर में महिला द्वारा युवक का प्राइवेट पार्ट काटने का मामला सामने आया है। महिला से उसके घर मिलने आने पर परिचित युवक ने जबरदस्ती रेप करने कोशिश की। महिला ने विरोध कर ब्लेड से युवक पर कातिलाना हमला किया। घायल युवक को SMS हॉस्पिटल में एडमिट करवाया गया है। पुलिस ने दोनों पक्षों की ओर से FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने बताया- जयपुर की रहने वाली 33 साल की महिला ने शनिवार शाम पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। शिकायत में बताया कि एक युवक पानी पीने के बहाने उसके घर में घुस गया। युवक ने अकेला पाकर उसके साथ जबरदस्ती की। पुलिस कंट्रोल रूम की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस को महिला के घर युवक लहूलुहान हालत में मिला। प्राइवेट पार्ट और गले पर ब्लेड से वार किया हुआ था। पुलिस ने घायल युवक को तुरंत SMS हॉस्पिटल में एडमिट करवाया। एक महीने पहले हुई थी शादी पुलिस जांच में सामने आया कि साल-2017 से दोनों एक-दूसरे के परिचित है। शाम को आरोपी युवक मिलने के लिए महिला के घर आया था। महिला का आरोप है कि घर में अकेला पाकर आरोपी युवक ने महिला के साथ जबरदस्ती रेप करने की कोशिश की। विरोध कर उसने ब्लैड से प्राइवेट पार्ट और गले पर वार किया। वहीं, आरोपी युवक की एक महीने पहले ही शादी हुई है। हॉस्पिटल में एडमिट युवक ने कातिलाना हमला करने की शिकायत दी है। पुलिस ने दोनों पक्षों की ओर से रेप और हत्या के प्रयास को लेकर FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
नालंदा की लहेरी थाना पुलिस ने एक अंतर्राज्यीय गाड़ी चोर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए छह शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया है। इन अपराधियों के तार बिहार के कई जिलों से लेकर दिल्ली और झारखंड तक जुड़े हुए थे। पुलिस ने इनकी निशानदेही पर चोरी की गई स्कॉर्पियो और होंडा सिटी जैसी महंगी गाड़ियां, दर्जनों फर्जी नंबर प्लेट और कई मोबाइल फोन बरामद किए हैं। सदर डीएसपी वन संकेत कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि इस पूरे मामले की जांच तब शुरू हुई जब 23 मई 2026 को लहेरी थाना क्षेत्र के मंगला स्थान स्थित वैष्णवी मैरेज हॉल की पार्किंग से एक स्कॉर्पियो (BR01JD-6245) की चोरी हो गई थी। घटना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक के सख्त निर्देश पर सहायक पुलिस अधीक्षक-सह-अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (सदर-01) के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया। टीम ने कार्रवाई करते हुए सीसीटीवी फुटेज खंगाले और जांच के आधार पर अपराधियों की धरपकड़ के लिए जाल बिछाया। सघन जांच के दौरान पुलिस टीम ने सबसे पहले मुजफ्फरपुर से अजय कुमार और बिट्टू कुमार व वैशाली जिले से अमन कुमार और रजनीश कुमार को धर दबोचा। पूछताछ में इन चारों ने अपना जुर्म कबूल किया। इसके बाद इनकी ही निशानदेही पर पुलिस ने झारखंड की राजधानी रांची के लोअर बाजार इलाके में छापेमारी की। वहां से पुलिस ने मोहम्मद असफान और अनस जमील नामक दो अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया और उनके पास से लहेरी थाना क्षेत्र से चोरी गई स्कॉर्पियो को सफलतापूर्वक बरामद कर लिया। जहानाबाद से चोरी की गई स्कॉर्पियो भी बरामद गिरफ्तार बदमाशों के पास से पुलिस को भारी मात्रा में चोरी के गाड़ी और अन्य सामान मिले हैं। पुलिस ने लहेरी से चोरी गई स्कॉर्पियो के अलावा, दिल्ली के डिफेंस कॉलोनी इलाके से चुराई गई एक होंडा सिटी कार (DL3CCN0474) और जहानाबाद से चोरी की गई एक अन्य स्कॉर्पियो भी बरामद की है। इसके साथ ही बदमाशों के पास से राजगीर सहित कई अन्य जगहों से चुराए गए चार पहिया और दो पहिया वाहनों के ढेरों नंबर प्लेट जब्त किए गए हैं। पुलिस ने इनके पास से कुल सात मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं, जिनमें चार एंड्रॉइड और तीन एप्पल आईओएस डिवाइस शामिल हैं। पुलिस की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, इस गिरोह के सदस्यों का एक लंबा और संगीन आपराधिक इतिहास रहा है। पकड़े गए इन शातिर बदमाशों पर बिहार के बेलसर, पियरा, हिसुआ, जहानाबाद और राजगीर थानों के साथ-साथ दिल्ली के डिफेंस कॉलोनी थाने में भी गाड़ी चोरी और अन्य गंभीर धाराओं में पूर्व से ही कई मामले दर्ज हैं। फिलहाल पुलिस इन सभी से गहन पूछताछ कर रही है ताकि गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की गिरफ्तारी हो सके और चोरी गए अन्य वाहनों की बरामदगी की जा सके। इस सफल छापेमारी अभियान में नालंदा की डीआईयू टीम, लहेरी थानाध्यक्ष, दारोगा नीतीश रंजन, ऋतु रंजन, सर्वेश कुमार और सिपाही दीपक कुमार ने अहम भूमिका निभाई।
अपनी बेटी की हत्या के आरोप में महाराष्ट्र की बुलढाणा जेल में 24 दिन से बंद पिता और भाई को शनिवार को जळगांव कोर्ट से जमानत मिल गई। घर लौटने पर दोनों ने बताया कि उन्हें मराठी भाषा समझ नहीं आ रही थी, जिसके कारण उन्होंने जुर्म कबूल कर लिया था। उनकी बेटी शिवानी बाद में जिंदा मिली थी। मामला बुरहानपुर के खकनार थाना क्षेत्र के ग्राम खड़की का है। यहां की निवासी आदिवासी युवती शिवानी 22 अप्रैल को अचानक लापता हो गई थी। परिजनों ने 1 मई को खकनार थाने में उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसी बीच, महाराष्ट्र के जळगांव जामोद में एक युवती का जला हुआ और सिर कटा शव मिला। चूंकि शिवानी की गुमशुदगी CCTNS पर ऑनलाइन दर्ज थी, महाराष्ट्र पुलिस ने इस शव को शिवानी का मान लिया। पिता-भाई को पकड़ लिया थापुलिस के इस दावे के आधार पर शिवानी के पिता बापूराव कलमेकर और भाई अजय को हिरासत में लिया गया। पूछताछ के बाद उन पर हत्या का मामला दर्ज किया गया और दोनों को बुलढाणा जेल भेज दिया गया। जब शिवानी को अपने पिता और भाई के जेल में होने की खबर मिली, तो उसने खुद परिजनों से संपर्क किया। तब यह खुलासा हुआ कि शिवानी जिंदा है और किसी युवक के साथ रह रही है। खकनार पुलिस ने शिवानी की पहचान उसके थंब इंप्रेशन और आधार कार्ड से की। परिजनों के सामने पंचनामा बनाया गया। शिवानी शुक्रवार को अपने घर लौट आई, जबकि पिता और बेटे को शनिवार को जळगांव कोर्ट से जमानत मिली। बोले- पुलिस ने मारपीट नहीं कीजेल से लौटने पर बापूराव कलमेकर ने बताया, पुलिस ने हमारे साथ मारपीट नहीं की। वे मराठी में बोल रहे थे, हमें भाषा समझ नहीं आई। हमने खुद ही जुर्म मान लिया था। बदनामी तो हो ही चुकी थी। बेटे अजय ने अपने पिता की बात का समर्थन करते हुए कहा, पापा ने जो कहा वही सही है। खकनार थाने में 1 मई को शिवानी और 9 मई को उसके भाई अर्जुन की गुमशुदगी दर्ज की गई थी। बाद में दस्तयाबी के बाद आधार कार्ड और थंब इंप्रेशन के जरिए यह पुष्टि हुई कि युवती शिवानी ही है। यह भी पढ़ें… जिसकी हत्या के आरोप में पिता-भाई जेल में,वह जिंदा लौटी जिस युवती की हत्या के आरोप में पिता और भाई जेल में बंद हैं, वह अचानक जिंदा लौट आई। उसने 27 मई की रात बुरहानपुर जिले के खकनार थाने में जाकर बताया- साहब! मैं जिंदा हूं…मेरे पिता और भाई को छोड़ दीजिए। खकनार थाना प्रभारी अभिषेक जाधव ने बताया कि शिवानी 24 अप्रैल को लापता हो गई थी। परिजनों ने काफी तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिलने पर 1 मई को खकनार थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई गई। जांच के दौरान पता चला कि क्षेत्र का ही एक युवक अर्जुन भी लापता है। दोनों के साथ रहने की जानकारी सामने आई। अर्जुन की गुमशुदगी 9 मई को दर्ज की गई थी। पूरी खबर पढ़िए…
नई दिल्ली। मध्य दिल्ली के पहाड़गंज स्थित सरकारी शराब की दुकान पर हुई गोलीबारी और लूट के प्रयास की जांच के दौरान पुलिस ने अवैध हथियारों की आपूर्ति करने वाले एक नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। इस मामले में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। अधिकारियों ने शनिवार को यह जानकारी दी। पुलिस के अनुसार, 24 मई को कुछ बदमाशों ने सरकारी शराब की दुकान में लूटपाट का प्रयास किया था। विरोध करने पर उन्होंने गोलीबारी की और दुकान के एक सेल्समैन पर चाकू से हमला कर दिया। घटना के बाद भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और शस्त्र अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था। साहिबाबाद से पकड़ा गया मुख्य आरोपी जांच के दौरान पुलिस ने वारदात के कुछ ही घंटों के भीतर उत्तर प्रदेश के साहिबाबाद से मुख्य आरोपी हर्ष और मोंटी को गिरफ्तार कर लिया। उनके पास से एक पिस्तौल, एक चाकू और अपराध में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल बरामद की गई। आरोपियों से पूछताछ, तकनीकी निगरानी और स्थानीय खुफिया जानकारी के आधार पर पुलिस ने हथियारों की आपूर्ति शृंखला का पता लगाया। जांच में सामने आया कि पहाड़गंज निवासी साहिल उर्फ गंजा (20) और न्यू उस्मानपुर निवासी अमित (25) ने आरोपियों के लिए हथियार की व्यवस्था की थी। इसके बाद पुलिस ने उत्तर-पूर्वी दिल्ली के वेलकम निवासी विपिन (33) को गिरफ्तार किया, जो कथित तौर पर हथियारों का मुख्य आपूर्तिकर्ता था। विपिन के पास से दो अवैध पिस्तौल, पांच मैगजीन और दो कारतूस बरामद किए गए हैं। पुलिस अब नेटवर्क के अन्य सदस्यों की पहचान करने और अवैध हथियारों के अन्य लेन-देन का पता लगाने में जुटी है।
हिमाचल प्रदेश के मशहूर पर्यटन स्थल कसोल में आज (शनिवार को) दिनदहाड़े फायरिंग की घटना पेश आई। गोली लगने से एक लोकल लड़का घायल हो गया। पुलिस ने पंजाब के अमृतसर से आए 4 पर्यटकों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक अभी फरार बताया जा रहा है। सूचना के अनुसार, कुल्लू के कसोल में आज दिन के वक्त स्थानीय युवक और पंजाब से आए पर्यटकों के बीच किसी बात को लेकर बहस हो गई। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ा कि एक टूरिस्ट ने पिस्टल निकालकर गोली चला दी। गोली स्थानीय युवक की टांग में लगी, जिससे वह घायल हो गया। फायरिंग के बाद अफरा-तफरी घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। वहां मौजूद एक अन्य लड़के ने घायल युवक को पीठ में उठाकर अस्पताल पहुंचाया। उनके पीछे पंजाब का एक युवक गन लहराते हुए चल रहा है। कुछ देर बाद तीन से चार अन्य युवक भी उसके पास पहुंचते है। यह सब घटना से जुड़े वायरल वीडियो में देखा जा सकता है। घायल युवक पर दोबारा फायरिंग का प्रयास प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घायल को अस्पताल ले जाते समय एक आरोपी ने दोबारा भी गोली चलाने का प्रयास भी किया। हालांकि, इस दौरान कोई अन्य व्यक्ति घायल नहीं हुआ। पुलिस ने पंजाब के टूरिस्ट को हिरासत में लिया SP कुल्लू मदन ने बताया कि पांच में से चार को गिरफ्तार कर लिया है। गोली चलाने वाले को भी गिरफ्तार कर दिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। पुलिस ने आरोपितों की गाड़ी को भी जब्त कर लिया है।
नालंदा के हरनौत थाना क्षेत्र में साल 2021 में हुई एक सीआरपीएफ जवान की हत्या और लूट के मामले में न्यायालय ने अपना फैसला सुना दिया है। आज कोर्ट के एडीजे-08 बिहारशरीफ, नालंदा ने पुलिस की ओर से प्रस्तुत सबूत और चार्जशीट के आधार पर हरनौत थाना कांड संख्या 308/21 के मुख्य आरोपी बबलू कुमार उर्फ बबलू यादव को दोषी करार दिया है। जोरारपुर, थाना हरनौत निवासी नारायण यादव के बेटे बबलू यादव को हत्या के इस मामले में आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है। इस पूरे प्रकरण में सरकार और पुलिस का पक्ष लोक अभियोजक अजय कुमार रस्तोगी ने न्यायालय के समक्ष मजबूती से रखा। न्यायालय ने आरोपी को अलग-अलग धाराओं में कठोर सजा मुकर्रर की है। IPC की धारा 302 के तहत दोषी पाते हुए बबलू यादव को आजीवन कठोर कारावास और 20,000 रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई गई है। अर्थदंड की यह राशि नहीं देने पर उसे 6 महीने का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। इसके साथ ही, भादवि की धारा 394 (लूटपाट के दौरान चोट पहुंचाना) के तहत भी उसे 10 साल के सश्रम कठोर कारावास और 10,000 रुपये के अर्थदंड की सजा दी गई है। इस अर्थदंड को न चुकाने की स्थिति में 3 माह के अतिरिक्त साधारण कारावास का प्रावधान किया गया है। मोटरसाइकिल से पटना लौटते समय हुआ था हादसा घटना 23 जुलाई 2021 की सुबह घटी थी, जब सकसोहरा (पटना) निवासी 25 साल के सीआरपीएफ जवान सोनू कुमार अपनी मोटरसाइकिल से पटना लौट रहे थे। सुबह करीब 4:00 बजे हरनौत में केन्द्रीय विद्यालय के पास तीन अज्ञात मोटरसाइकिल सवार बदमाशों ने उनकी बाइक रुकवाकर उन्हें देसी कट्टा सटा दिया था और उनका ओप्पो मोबाइल लूट लिया था। जब सोनू कुमार ने विरोध करते हुए आगे बढ़ने की कोशिश की, तो एक बदमाश ने गाली देते हुए उन्हें पीछे से गोली मार दी थी। घटना के बाद स्थानीय ग्रामीणों की मदद से गंभीर रूप से घायल जवान को पहले प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र हरनौत और फिर वहां से पीएमसीएच पटना ले जाया गया था। बाद में इलाज के दौरान जवान की मौत हो जाने पर मामले में धारा 302 जोड़ी गई थी। 5 साल के बाद पीड़ित परिवार को न्याय मिल गया है।
धमतरी में एक सर्राफा व्यापारी के साथ 70 लाख रुपये से अधिक की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। आरोप है कि पीडब्ल्यूडी विभाग में दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी हेमंत सोनी बिक्री के लिए दिए गए सोने के जेवर लेकर फरार हो गया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामला धमतरी शहर का है। शिकायतकर्ता सर्राफा व्यापारी जसराज जैन ने पुलिस को बताया कि आरोपी हेमंत सोनी के पिता चिंतामणि सोनी पिछले करीब 40 वर्षों से उनकी दुकान में कारीगर के रूप में कार्यरत थे। लंबे समय से पारिवारिक और कारोबारी संबंध होने के कारण हेमंत पर भी भरोसा किया जाता था और उसे ग्राहकों को दिखाने तथा बिक्री के लिए सोने के आभूषण दिए जाते थे। आरोपी 13 सोने के हार ले कर निकला वापस नहीं लौटा व्यापारी के अनुसार, फरवरी माह में दिए गए जेवरों में ही करीब 19 लाख रुपये का बकाया चल रहा था। इसके बाद 2 मार्च को हेमंत सोनी लगभग 51 लाख रुपये मूल्य के 13 सोने के हार बिक्री के लिए लेकर गया, लेकिन वह वापस नहीं लौटा। मोबाइल बंद कर हुआ फरार शिकायत में बताया गया है कि शुरुआती दिनों में आरोपी लगातार बहाने बनाता रहा और जल्द हिसाब करने की बात कहता रहा। बाद में उसने संपर्क करना बंद कर दिया और उसका मोबाइल फोन भी बंद हो गया। व्यापारी का आरोप है कि हेमंत सोनी कुल 70 लाख 1 हजार 603 रुपये मूल्य के सोने के जेवर और रकम लेकर फरार हो गया। आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज जसराज जैन की शिकायत के आधार पर धमतरी सिटी कोतवाली पुलिस ने आरोपी हेमंत सोनी के खिलाफ धोखाधड़ी का अपराध दर्ज कर लिया है। पुलिस उसकी तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। पहले से दर्ज है गुमशुदगी एडिशनल एसपी शैलेंद्र पांडे ने बताया कि आरोपी हेमंत सोनी के संबंध में कोतवाली थाने में पहले से गुमशुदगी दर्ज है। वह लोक निर्माण विभाग (PWD) में दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी के रूप में कार्यरत था। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है और आरोपी की तलाश जारी है। जांच के केंद्र में कई सवाल इस मामले में पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपी ने जेवरों को कहीं बेचा है या गिरवी रखा है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि वह अकेले इस धोखाधड़ी में शामिल था या किसी अन्य व्यक्ति की भी भूमिका रही है। करोड़ों के करीब पहुंचने वाली इस धोखाधड़ी ने शहर के सर्राफा कारोबारियों में भी चिंता बढ़ा दी है।
करौली जिले में शुक्रवार रात आए तेज अंधड़ ने विद्युत व्यवस्था को बुरी तरह प्रभावित किया है। इस दौरान जिलेभर में 92 विद्युत पोल गिर गए और 8 ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त हो गए। कई स्थानों पर बिजली के तार और केबल टूटने से ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति बाधित हुई, जिससे उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ा। विद्युत निगम की टीमें पूरी रात और शनिवार को भी मरम्मत कार्य में जुटी रहीं ताकि बिजली आपूर्ति बहाल की जा सके। अंधड़ से सबसे अधिक नुकसान सपोटरा उपखंड में हुआ, जहां 49 पोल धराशायी हो गए और 7 ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त हुए। यहां केबल और बिजली के तार भी बड़े पैमाने पर टूटे हैं। अन्य क्षेत्रों में भी विद्युत पोल क्षतिग्रस्त हुए हैं। श्रीमहावीरजी क्षेत्र में 9, कैलादेवी में 13, मासलपुर में 6, करौली शहर में 6, करौली ग्रामीण में 2 और मंडरायल में 2 विद्युत पोल गिरे। इन स्थानों पर बिजली लाइनों और केबलों को भी क्षति पहुंची है। विद्युत निगम के अधीक्षण अभियंता आर.एस. गुर्जर ने बताया कि अंधड़ के कारण विद्युत तंत्र को लाखों रुपए का नुकसान हुआ है। उन्होंने जानकारी दी कि अधिकांश क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई है, जबकि शेष स्थानों पर मरम्मत कार्य अभी भी जारी है। नुकसान का अंतिम आकलन किया जा रहा है।
गोविंदपुर प्रखंड के खाखनुआ गांव निवासी मोहम्मद आफताब आलम ने अपनी रैयती जमीन पर अवैध रूप से क्रेशर प्लांट संचालित किए जाने का आरोप लगाया है। उन्होंने प्रशासन से मामले में तत्काल हस्तक्षेप कर न्याय दिलाने की मांग की है। बार-बार अनुरोध के बावजूद नहीं खाली हुई जमीन आफताब आलम का कहना है कि उनकी निजी जमीन पर बिना अनुमति के क्रेशर प्लांट लगाया गया है। उन्होंने कई बार प्लांट संचालक से जमीन खाली करने का अनुरोध किया, लेकिन उनकी बातों को नजरअंदाज कर दिया गया। प्रशासनिक अधिकारियों को दी गई शिकायत पीड़ित परिवार ने इस मामले को लेकर अंचल कार्यालय, जिला पदाधिकारी और खनन विभाग को लिखित शिकायत सौंपी है। परिवार का आरोप है कि शिकायत दर्ज कराने के बावजूद अब तक न तो जमीन की मापी कराई गई है और न ही कथित अवैध कब्जा हटाने की दिशा में कोई ठोस कार्रवाई हुई है। ग्रामीणों में आक्रोश, कार्रवाई की मांग घटना को लेकर परिजनों और स्थानीय ग्रामीणों में नाराजगी देखी जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि किसी व्यक्ति की रैयती जमीन पर उसकी अनुमति के बिना क्रेशर प्लांट संचालित करना गैरकानूनी है। उन्होंने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग की है। मापी के बाद होगी आगे की कार्रवाई - अंचलाधिकारी इस संबंध में अंचलाधिकारी संजीव कुमार ने बताया कि मोहम्मद आफताब आलम द्वारा रैयती जमीन पर अवैध कब्जा और क्रेशर मशीन लगाए जाने की शिकायत प्राप्त हुई है। उन्होंने कहा कि आवेदन के आधार पर जमीन की मापी कराई जाएगी। यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो नियमानुसार कानूनी कार्रवाई करते हुए जमीन को अवैध कब्जे से मुक्त कराया जाएगा। जांच के बाद सामने आएगी सच्चाई प्रशासन के आश्वासन के बाद अब पीड़ित परिवार और ग्रामीणों की नजर जमीन की मापी और जांच प्रक्रिया पर टिकी है। मामले की निष्पक्ष जांच के बाद ही आरोपों की सत्यता स्पष्ट हो सकेगी और आगे की कार्रवाई तय होगी।
टीकमगढ़ के बड़ागांव खुर्द गांव में 24 मई की रात हुई 55 वर्षीय बुजुर्ग मोहन यादव की हत्या का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। शनिवार को पुलिस ने इस मामले में गांव के ही 23 वर्षीय युवक राजकुमार सेन को गिरफ्तार किया। पूछताछ में सामने हत्या की मुख्य वजह 10 साल पुराना कर्ज और उसका अत्यधिक ब्याज निकली। कर्ज के बदले जमीन कब्जाने की धमकी दी एसडीओपी राहुल कटरे ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि आरोपी राजकुमार के पिता ने करीब 10 साल पहले मृतक मोहन यादव से ₹70,000 उधार लिए थे। समय बीतने के साथ मोहन यादव ब्याज जोड़कर ₹13 लाख की मांग कर रहे थे। हत्या से चार दिन पहले मोहन ने राजकुमार के घर जाकर पैसे न देने पर उसकी जमीन पर कब्जा करने की धमकी दी थी, जिससे परेशान होकर राजकुमार ने हत्या की साजिश रची। तौलिए से गला दबाया, सिर पर मारा बांट आरोपी ने कबूल किया कि 23-24 मई की दरमियानी रात जब मोहन यादव अपने घर के बाहर सो रहे थे, तब वह वहां पहुंचा। उसने अपने साथ लाए तौलिये से बुजुर्ग का गला घोंट दिया और पास ही रखे लोहे के बांट (वजन) से उनके सिर पर ताबड़तोड़ प्रहार किए। गंभीर चोटों के कारण मोहन यादव की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस ने आरोपी को भेजा जेल घटना के बाद से ही पुलिस संदेही राजकुमार पर नजर रखे हुए थी। पूछताछ करने पर उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किया गया तौलिया और लोहे का बांट भी बरामद कर लिया है। आरोपी को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया है।
मेरठ में 17 साल की किशोरी का शव बाग में मिलने के मामले का पुलिस ने 4 घंटे में खुलासा कर दिया है। जांच में सामने आया कि किशोरी के मामा ने किशोरी की गला घोंटकर हत्या की थी। इसमें उसके सौतेले भाई शोएब ने भी साथ दिया। मामा ने शोयब की मदद से शव को नरहेड़ा के बाग में फेंक दिया। पुलिस ने सरताज को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि शोएब फरार है। मामा सरताज ने हत्या की बात कबूल करते हुए बताया- मेरी भांजी लड़कों से बातचीत करती थी। कई बार समझाने की कोशिश की थी। लेकिन वह नहीं मानी। घर के लोगों ने उसके हाथ का पानी पीना भी छोड़ दिया था। इसी कारण से मैंने उसकी गला घोंट कर हत्या कर दी। घटना लोहिया नगर क्षेत्र के नरहेड़ा गांव की है। अब पढ़िए पूरा मामलाशनिवार सुबह नरहेड़ा गांव के जंगल में डॉ. राकेश शर्मा के खेत के पास एक किशोरी का शव मिला था। बाग के केयरटेकर ने शव देखकर पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस और फोरेंसिक टीम ने जांच शुरू की। बाद में मृतका की पहचान हुमायूं नगर निवासी 17 वर्षीय सानिया के रूप में हुई। सानिया अपने मामा सरताज के यहां रहती थी। उसकी मां की मौत हो गई है। उसके पिता ने दूसरी शादी कर ली है। इस कारण सानिया अपने मामा के यहां रहती थी। उसका एक सौतेला भाई शोयब भी है। मामा सरताज को किशोरी के आचरण को लेकर संदेह था। इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद भी होता था। सानिया लड़कों से बात करती थी। इसको लेकर भी लड़ाई होती थी। आज सुबह सरताज ने इसी बात को लेकर सानिया की गला दबाकर हत्या कर दी। हत्या के बाद शव को छिपाने के उद्देश्य से जंगल में एक बाग में फेंक दिया गया। शव मिलने के बाद पुलिस ने साक्ष्य जुटाए। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने कई टीमें गठित कीं। जांच के दौरान लगभग 500 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई। एक फुटेज में किशोरी का मामा सरताज संदिग्ध परिस्थितियों में साइकिल पर शव ले जाता हुआ दिखाई दिया। पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की, जहां उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। अब पढ़िए आरोपी का कबूलनामापूछताछ में सरताज ने बताया कि किशोरी कई लड़कों से बात किया करती थी। उसे कई बार समझाया गया था कि वह लड़कों से बातचीत न करें, लेकिन वह नहीं मानी और लगातार अन्य लड़कों से संपर्क में रहती थी। इसी बात को लेकर परिवार में नाराजगी थी और उसका मामा सरताज भी उससे विवाद करता था। पुलिस के अनुसार, परिवार ने उसे कई बार समझाने की कोशिश की थी। नाराजगी के चलते कुछ परिजनों ने उसके हाथ का पानी पीना भी छोड़ दिया था। जब किशोरी ने लड़कों से बातचीत बंद नहीं की, तो सरताज ने उसकी हत्या की साजिश रची। आरोप है कि उसने किशोरी का गला दबाकर हत्या कर दी और बाद में सौतेले भाई शोएब की मदद से शव को नरहेड़ा के बाग में फेंक दिया। एसपी सिटी विनायक गोपाल भोसले ने बताया- पुलिस ने महज चार घंटे के भीतर घटना का खुलासा करते हुए आरोपी मामा सरताज को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं, किशोरी का सौतेला भाई शोएब अभी फरार है। पुलिस का कहना है कि उसकी तलाश की जा रही है और उसे भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। -------------------------- ये खबर भी पढ़िए… योगी पर टिप्पणी करने वाला लंगड़ाते हुए थाने से निकला, मेरठ में कान पकड़कर माफी मांगी मेरठ में CM योगी पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने वाले 70 साल के शख्स को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी ने थाने में पुलिसवालों के सामने कान पकड़कर माफी मांगी। पुलिस जब उसे थाने से बाहर लेकर आई तो वह लंगड़ाता दिखा। उसने गिड़गिड़ाते हुए कहा कि गलती हो गई। अब ऐसा नहीं होगा। आज यानी शनिवार को आरोपी को कोर्ट में पेश किया जाएगा। पढ़ें पूरी खबर….
अबोहर शहर में आज महान समाज सुधारक और आध्यात्मिक संत श्री अरूट जी महाराज का जन्मदिवस बेहद श्रद्धा, उत्साह और गरिमा के साथ मनाया गया। इस पावन अवसर पर आज शाम स्थानीय 'श्री अरूट जी महाराज चौक' पर एक भव्य माल्यार्पण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। टकार्यक्रम में महाराज के प्रति अगाध श्रद्धा व्यक्त करने और उनकी शिक्षाओं को नमन करने के लिए भारी संख्या में श्रद्धालु और शहर के गणमान्य लोग एकत्रित हुए, जिससे पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। विधायक संदीप जाखड़ ने प्रतिमा पर टेका मत्था; अर्पित की श्रद्धांजलि इस धार्मिक एवं सामाजिक समागम में अबोहर के विधायक संदीप जाखड़ ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। विधायक जाखड़ ने सबसे पहले कतारबद्ध होकर श्री अरूट महाराज की आदमकद प्रतिमा पर श्रद्धापूर्वक माल्यार्पण किया और पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। इसके बाद वहां उपस्थित अरोड़ा समाज के बुजुर्गों और आयोजन समिति ने सिरोपा भेंट कर विधायक का स्वागत किया। महाराज का जीवन और विचार समाज के लिए मार्गदर्शक: संदीप जाखड़ जाखड़ ने कहा कि श्री अरूट महाराज का संपूर्ण जीवन, उनका महान त्याग और उनके परोपकारी विचार आज के समय में भी हम सभी के लिए सच्चे मार्गदर्शक हैं। महाराज ने समाज को रूढ़िवादिता से निकालकर एकता, आपसी भाईचारे और निस्वार्थ मानवता की राह दिखाने में जो ऐतिहासिक योगदान दिया है, उसे कभी भुलाया नहीं जा सकता। विधायक संदीप जाखड़ ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि महाराज के जन्मदिवस पर केवल उन्हें नमन करना ही काफी नहीं है, बल्कि उनके बताए गए सत्य, अहिंसा और समाज सेवा के रास्तों पर चलने का संकल्प लेना हम सबका सच्चा कर्तव्य है। उन्होंने इस अवसर पर अबोहर और पूरे पंजाब की खुशहाली व तरक्की की कामना की। विभिन्न समाजों की हस्तियां और नवनिर्वाचित पार्षद हुए शामिल यह कार्यक्रम समाज में आपसी प्रेम, सद्भाव और एकजुटता की एक अनूठी मिसाल बनकर उभरा। इस माल्यार्पण समारोह में अरोड़ा समाज के साथ-साथ विभिन्न समाजों की जानी-मानी हस्तियां, धार्मिक संगठनों के प्रतिनिधि और हाल ही में संपन्न हुए नगर निकाय चुनावों में जीते कई नवनिर्वाचित पार्षद भी विशेष रूप से शामिल हुए। सभी प्रबुद्ध नागरिकों ने महाराज की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर आशीर्वाद लिया। जीवन दर्शन पर प्रकाश और एकजुटता का संदेश वक्ताओं ने भी श्री अरूट महाराज के जीवन दर्शन, समाज सुधार के कार्यों और उनकी दिव्य शिक्षाओं पर विस्तार से प्रकाश डाला। वक्ताओं ने कहा कि ऐसे महापुरुषों के विचार ही समाज को सही दिशा प्रदान करते हैं। आयोजन समिति के पदाधिकारियों ने विधायक संदीप जाखड़, सभी गणमान्य नागरिकों, पार्षदों और दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं का इस समागम में पहुंचने के लिए तहे दिल से आभार व्यक्त किया।

