स्टंट आधारित रियलिटी शो 'खतरों के खिलाड़ी' के नए सीजन को लेकर दर्शकों में जबरदस्त बज बना हुआ है। दैनिक भास्कर से खास बातचीत में शो के पॉपुलर कंटेस्टेंट्स जैस्मीन भसीन, करण वाही और शगुन शर्मा ने अपने इस एडवेंचरस सफर, डर और पर्सनल लाइफ पर खुलकर बात की। बातचीत के दौरान जैस्मीन भसीन ने अपने हालिया हेल्थ इश्यू के बाद आए मानसिक बदलाव पर कहा कि वे अब खुद को प्राथमिकता देती हैं ताकि किसी पर बोझ न बनें। वहीं, करण वाही ने एक्टिंग, होस्टिंग और रियलिटी शो के प्रेशर के अंतर को समझाया, जबकि शगुन शर्मा ने बताया कि डेली सोप की स्क्रिप्टेड दुनिया से अलग रियलिटी शो में काम करना कितना चुनौतीपूर्ण होता है। सबसे पहले पढ़िए जैस्मीन भसीन से बातचीत के प्रमुख अंश…. सवाल: इस बार 'खतरों के खिलाड़ी' में आपका कमबैक हुआ है। क्या यह सिर्फ एक कम्पटीशन था या खुद को कुछ साबित करने का मौका?जैस्मीन भसीन: मेरे लिए यह शो हमेशा खुद को कुछ साबित करने और खुद को यह याद दिलाने का जरिया रहा है कि जिंदगी आसान नहीं होने वाली है। आपको लगातार चुनौतियों से गुजरना होगा और अपने डर का सामना करना सीखना होगा। मेरे लिए हमेशा से यही सोच रही है और इस बार भी यही था। सवाल: हाल ही में आपने अपनी हेल्थ प्रॉब्लम का सामना किया। उस अनुभव के बाद जिंदगी को देखने का नजरिया कितना बदला है?जैस्मीन भसीन: मेरा नजरिया अब इस मामले में बदल गया है कि मेरे लिए मेरी सेहत ही मेरी पहली प्राथमिकता (First Priority) होनी चाहिए। मुझे कभी भी खुद को, अपनी सेहत को और अपनी जरूरतों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। अगर कल को मेरी सेहत खराब होती है, तो मैं दूसरों पर बोझ बन जाऊंगी। जिन लोगों के लिए या जिस प्रोफेशन के लिए मैं अपनी सेहत को नजरअंदाज करती हूं, अगर सेहत ही ठीक नहीं रही तो न मैं काम कर पाऊंगी और न उन लोगों के साथ रह पाऊंगी जो मेरे लिए मायने रखते हैं। इसलिए इस साल मैंने तय किया है कि सबसे पहले अपना ख्याल रखूंगी। सवाल: इस सफर में अली गोनी ने आपको क्या ऐसी सलाह दी जो आज भी याद है?जैस्मीन भसीन: अली ने मुझसे बस इतना ही कहा था कि स्ट्रेस (तनाव) मत लेना। जो स्टंट तुमसे हो पाए वो कर लेना, और जो न हो पाए, उसके लिए बिल्कुल परेशान मत होना। सवाल: अगर आपको इस शो का कोई एक स्टंट दोबारा करने का मौका मिले, तो कौन सा चुनेंगी?जैस्मीन भसीन: अगर मुझे कोई एक स्टंट दोबारा करने का मौका मिले, तो वो एयरप्लेन वाला स्टंट होगा, जिसे आप सभी ने प्रोमो में भी देखा है। अब पढ़िए करण वाही से हुई खास बातचीत.… सवाल: इतने सालों बाद इस शो में वापसी की है। क्या इस बार आपने अपने एक्सपीरियंस के दम पर खेल खेला या रिस्क लेने की क्षमता बढ़ गई थी?करण वाही: मुझे लगता है कि 'खतरों के खिलाड़ी' जैसे शो में एक्सपीरियंस एक हद तक ही काम आता है। आखिरकार आपको रिस्क तो लेना ही पड़ता है। वक्त के साथ आपकी रिस्क लेने की क्षमता बढ़ती है या घटती है, यह आपकी पर्सनैलिटी पर निर्भर करता है। तो हां, कई जगहों पर मैंने ज्यादा रिस्क लिया और कई जगहों पर संभालकर खेला। सवाल: आप होस्टिंग, एक्टिंग और रियलिटी शो तीनों कर चुके हैं। सबसे ज्यादा प्रेशर किसमें महसूस होता है?करण वाही: सबसे ज्यादा प्रेशर रियलिटी शो में ही महसूस होता है। एक्टिंग और होस्टिंग में वैसा प्रेशर नहीं होता। जहां भी आपको किसी से मुकाबला करना पड़ता है, दबाव वहीं बनता है। एक्टिंग और होस्टिंग में आप अपना काम कर रहे होते हैं, वहां कोई डायरेक्ट कम्पटीशन नहीं होता। सवाल: इस सीजन में किस कंटेस्टेंट ने आपको सबसे ज्यादा इम्प्रेस किया और किसने सरप्राइज किया?करण वाही: मुझे सबसे ज्यादा सरप्राइज ओरी (Orry) ने किया और सबसे ज्यादा इम्प्रेस फराना ने किया। सवाल: रोहित शेट्टी की कौन सी एडवाइस या बात हमेशा आपके साथ रहेगी?करण वाही: रोहित सर का पूरा औरा और उनका तरीका ही अपने आप में कमाल का है। वे हमेशा सही वक्त पर सही बात कहते हैं और आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करते हैं। वे शो की बैकबोन (रीढ़ की हड्डी) हैं। ऐसा कोई एक पर्टिकुलर वाक्य नहीं है, लेकिन उनका जो भरोसा मुझ पर रहा, वही मेरे लिए बहुत बड़ी बात है। सवाल: अगर बॉलीवुड के किसी एक्टर के साथ पार्टनर स्टंट करना हो, तो किसे चुनेंगे?करण वाही: बॉलीवुड एक्टर में... मैं रवि दुबे को चुनूंगा! अब तो वह हमारा दोस्त बॉलीवुड एक्टर बन चुका है, उसकी 'रामायण' आ रही है। शो पर शगुन शर्मा के खुलासे… सवाल: शो से पहले लोग आपको टीवी एक्ट्रेस के तौर पर जानते थे। क्या इस शो के बाद आपकी इमेज पूरी तरह बदल जाएगी?शगुन शर्मा: पूरी तरह से तो नहीं बदलेगी, लेकिन लोगों को यह जरूर समझ आ जाएगा कि जो किरदार मैं टीवी पर निभाती हूं और रियल लाइफ में शगुन जैसी है, वे दोनों बहुत अलग हैं। दर्शकों को मेरी असली पर्सनैलिटी की झलक मिल जाएगी। सवाल: रियलिटी शो और डेली सोप (सीरियल्स) में सबसे बड़ा डिफरेंस कहां महसूस हुआ?शगुन शर्मा: सबसे बड़ा अंतर यही है कि रियलिटी शो में कैमरे आपके रॉ और असली इमोशंस को कैप्चर करते हैं। सीरियल्स में आपके पास एक लिखी हुई स्क्रिप्ट होती है। सीरियल्स में काम करते हुए आप खुद को उतना नहीं जान पाते, जबकि रियलिटी शो में आप अपने उन इमोशंस और ताकतों से रूबरू होते हैं, जिनके बारे में आपको खुद भी पता नहीं होता। सवाल: सबसे मुश्किल स्टंट कौन सा था, जिसे देखकर लगा कि 'बस अब नहीं होगा'?शगुन शर्मा: चूंकि अभी शो का टेलीकास्ट शुरू नहीं हुआ है, इसलिए मैं किसी खास स्टंट का नाम नहीं ले सकती। लेकिन इतना जरूर कहूंगी कि सभी स्टंट्स बहुत ज्यादा मुश्किल थे। सवाल: अगर आपको इस सीजन का 'मोस्ट फियरलेस कंटेस्टेंट' चुनना हो, तो किसका नाम लेंगी?शगुन शर्मा: मैं नए बैच में से अविनाश का नाम लूंगी। उसे किसी भी चीज से डर नहीं लगता था और वह हर स्टंट के लिए हमेशा एक्साइटेड और तैयार रहता था।
70-80 के दशक की मशहूर एक्ट्रेस मुमताज आज 79 साल की हो चुकी हैं। उस दौर में मुमताज की वो पॉपुलैरिटी थी कि उनके फिल्मों में पहने गए कपड़े ट्रेंड बन जाते थे। खूबसूरती ऐसी थी कि यश चोपड़ा, शम्मी कपूर जैसे लोग भी उन्हें शादी का प्रस्ताव देने से कतराते नहीं थे। लेकिन काम और करियर के लिए जुनूनी मुमताज हर प्रस्ताव ठुकरा देती थीं। हालांकि एक समय ऐसा भी था जब कुछ बी-ग्रेड फिल्मों में काम करने की वजह से शशि कपूर, जीतेंद्र जैसे बड़े एक्टर्स उनके साथ फिल्में करने से इनकार कर दिया करते थे। आज मुमताज के बर्थडे के खास मौके पर पढ़िए, उनके करियर और जिंदगी से जुड़े कुछ अनसुने किस्से- किस्सा-1 लता मंगेशकर की गोद में बैठकर देखीं फिल्में, कहती थीं- आंटी अगली बार भी बुलाना 31 जुलाई 1947 में मुमताज का जन्म हैदराबाद के ड्रायफ्रूट वेंडर अब्दुल समाज अख्सरी के घर हुआ। परिवार ईरान से ताल्लुक रखता था। पिता ईमामों के खानदान से थे। मुमताज महज एक साल की थीं, जब माता-पिता अलग हो गए। मां ने ही फिल्मों में बतौर जूनियर आर्टिस्ट काम कर मुमताज और बड़ी बहन मलका की अकेले परवरिश की। कुछ समय बाद मां बॉम्बे आकर बसीं। मुमताज भी अक्सर उनके साथ सेट पर जातीं। सेट पर हंसती खेलतीं मुमताज को महज 5 साल की उम्र में बतौर बाल कलाकार फिल्म संसार में काम करने मिला। आगे वो चाइल्ड आर्टिस्ट के तौर पर यास्मीन (1955), सोने की चिड़िया (1958), लाजवंती (1958), तलाक (1958) जैसी कई फिल्मों में नजर आईं। फिल्मों में काम मिलने से घर की आर्थिक स्थिति सुधरी और मुमताज मां के साथ वाल्केश्वर स्थित बिल्डिंग में आकर रहने लगीं। उनके ठीक ऊपर लता मंगेशकर का घर था, जहां 16MM पर फिल्में दिखाई जाती थीं। एक ही इंडस्ट्री से होने के चलते लता नन्हीं मुमताज को काफी लाड़ देती थीं। जब भी घर में फिल्म शुरू करतीं तो मुमताज को भी घर बुला लेतीं। लता उन्हें गोद में बैठाकर फिल्म दिखातीं और वो जल्द ही सो जाती थीं। लेकिन जाते हुए हर बार कहतीं- आंटी जब भी फिल्म देखो, मुझे भी बुला लेना। कई बार तो लता मंगेशकर के भाई उन्हें सोती हुई हालत में घर छोड़ने जाते थे। किस्सा-2 सेट पर मिली मां की मौत की खबर, डायरेक्टर से पूछा- क्या मैं जा सकती हूं दिन भर फिल्मों के सेट पर बिताते हुए जल्द ही उन्होंने परिवार की जिम्मेदारी उठानी शुरू कर दी। 12 की उम्र में उन्हें जमीन के तारे (1960) में कैरेक्टर रोल मिल गया। इस फिल्म में उनकी परफॉर्मेंस देखने के बाद मशहूर डायरेक्टर वी.शांताराम ने उन्हें फिल्म स्त्री में अच्छा रोल दिया। एक दिन मुमताज फिल्म स्त्री के सेट पर पहुंचीं। मुमताज डांस का शॉट दे ही रही थीं कि घर से खबर आई- ‘मां नहीं रहीं।’ 13 साल की मुमताज चुप खड़ी हो गईं और थोड़ी देर बाद डायरेक्टर वी.शांताराम से कहा- 'क्या करूं अन्ना?' वी.शांताराम हड़बड़ाए और कहा- ‘तुम्हें जरूर जाना चाहिए।’ मुमताज तुरंत हैदराबाद के लिए रवाना हुईं। जनाजे में शामिल हुईं और अगले दिन ही फिर सेट पर आ गईं। इस पर मुमताज ने रेडियो नशा को दिए इंटरव्यू में कहा था, उस जमाने में कोई मर भी जाए और अगर प्रोड्यूसर का सेट लगा है, तो आपको जाना ही पड़ेगा। आप प्रोड्यूसर को कंगाल नहीं कर सकते, क्योंकि उनके बाद दूसरे प्रोड्यूसर का सेट लगना है। किस्सा- 3 महमूद ने खूबसूरती देख फिल्म ऑफर की, शशि कपूर ने बी-ग्रेड एक्ट्रेस कहकर ठुकराया 14 साल की उम्र में मुमताज ने फिल्म गहरा दाग में काम किया था। फिल्म में उन्होंने हीरो राजेंद्र कुमार की बहन का रोल किया था। इसी समय उन्हें 1963 की फिल्म फौलाद में रेसलर दारा सिंह के साथ पहला लीड रोल मिला। दारा सिंह का कद देखकर कोई हीरोइन काम करने के लिए तैयार नहीं थीं, ऐसे में मुमताज को ये रोल दिया गया। जोड़ी हिट रही और फिर मुमताज को दारा सिंह के साथ एक के बाद एक कुल 16 फिल्में मिलीं। इन फिल्मों के अलावा मुमताज ने कई बी-ग्रेड फिल्मों में भी काम किया, हालांकि उन्हें खास पहचान नहीं मिली। मुमताज की बड़ी बहन मलका भी फिल्मों में आईं और कॉमेडियन-एक्टर महमूद के साथ कई फिल्में कीं। एक दिन महमूद काम के सिलसिले में मलका से मिलने पहुंचे, तो उनकी नजर मुमताज पर पड़ी। देखने में बेहद खूबसूरत मुमताज को वो एक टक देखते रहे। जब महमूद को फिल्म प्यार किए जा में शशि कपूर, किशोर कुमार के साथ कास्ट किया गया, तो उन्होंने अपने अपोजिट मुमताज को ही कास्ट किया। हालांकि फिल्म में उनका रोल छोटा था। एक दिन फिल्म की शूटिंग के दौरान महमूद ने शशि कपूर से कहा कि वो अपनी आने वाली फिल्मों में मुमताज को कास्ट करें। शशि कपूर ने तल्ख अंदाज में जवाब दिया, नहीं, मैं उस एक्ट्रेस को कभी अपनी हीरोइन नहीं बनाऊंगा, जिसने दारा सिंह के साथ बी-ग्रेड फिल्म की। किसे पता था कि ये बी-ग्रेड फिल्मों की वो एक्ट्रेस जल्द ही टॉप और हाईएस्ट पेड एक्ट्रेस बन जाएगी। किस्सा- 4 महमूद की जिद पर दिलीप कुमार की हीरोइन बनीं मुमताज प्यार किए जा फिल्म में साथ काम करने के बाद महमूद अपनी हर फिल्म में मुमताज को अपोजिट रोल देने लगे। वो भांप चुके थे कि मुमताज में टॉप एक्ट्रेस बनने का हुनर और जज्बा है। वो दूसरे हीरो को भी मुमताज के साथ काम करने की सलाह देते थे। जब महमूद को पता चला कि दिलीप कुमार फिल्म राम और श्याम कर रहे हैं, जिसमें उनका डबल रोल है, तो वो सीधे मुमताज की सिफारिश करने पहुंच गए। तब दिलीप कुमार आरके स्टूडियो में शूट कर रहे थे। महमूद उनके पास गए और कहा- एक नई लड़की है, बहुत टैलेंटेड है, उसके साथ काम कर लीजिए। दिलीप कुमार ने जवाब दिया- ‘अभी मैं व्यस्त हूं, लंच ब्रेक में लड़की की फोटो लेकर आना।’ महमूद हड़बड़ाहट में एक स्टूडियो गए और मुमताज के गाने की पूरी रील उठा लाए। लंच ब्रेक में उन्होंने दिलीप कुमार को मुमताज की रील दिखाई तो उन्होंने कहा- ‘यार महमूद, लड़की तो बहुत अच्छी दिखती है, खूबसूरत है, डांस भी करती है, बड़ी प्यारी लड़की है। मैं करूंगा। डबल रोल है, एक वहीदा है, दूसरी मुमताज होगी।’ फिल्म राम और श्याम हिट रही और मुमताज को देशभर में पहचान मिल गई। किस्सा- 5 जीतेंद्र ने साथ काम करने से किया इनकार, डायरेक्टर बोले- ऐतराज है तो हीरो बदलूंगा, हीरोइन नहीं फिल्म राम और श्याम रिलीज होने से पहले मुमताज को फिल्म बंद जो बन गए मोती (1967) में काम मिला, जीतेंद्र और डायरेक्टर वी.शांताराम की बेटी राजश्री लीड रोल में थीं और मुमताज को साइड रोल मिला था। फिल्म की शूटिंग शुरू होने से ठीक पहले राजश्री की शादी तय हो गई और उन्होंने फिल्म छोड़ दी। ऐसे में वी.शांताराम ने मुमताज को ही फिल्म में लीड रोल दिया। जैसे ही ये खबर जीतेंद्र को मिली, तो उन्होंने तुरंत डायरेक्टर को कॉल कर ऐतराज जताया। उन्होंने कहा- ‘उसको हीरोइन क्यों बनाया, कोई और हीरोइन ढूंढिए।’ जवाब मिला- ‘हीरोइन तो मुमताज ही होगी, आपको दिक्कत है, तो आप फिल्म छोड़ दो।’ वो वी.शांताराम ही थे, जिन्होंने जीतेंद्र को हीरो बनाया था, तो जीतेंद्र को मजबूरन फिल्म करनी ही पड़ी। इसी तरह साल 1969 की फिल्म दो रास्ते में शशि कपूर को कास्ट किया गया। बाद में जब मुमताज की कास्टिंग हुई तो शशि कपूर ने फिल्म छोड़ दी। इस फिल्म में बाद में राजेश खन्ना को साइन किया गया। फिल्म का गाना बिंदिया चमकेगी, चूड़ी खनकेगी काफी हिट हुआ था। किस्सा-6 अमिताभ के लिए छोड़ दी अपनी मर्सिडीज अमिताभ बच्चन इंडस्ट्री में नए थे, जब उन्हें मुमताज के साथ फिल्म बंधे हाथ में काम मिला। मुमताज तब काफी पॉपुलर हो चुकी थीं। उनकी कामयाबी का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि जब अमिताभ बच्चन साधारण कार से आते थे, तब मुमताज मर्सिडीज से सेट पर आती थीं। अमिताभ को उनकी कार बहुत पसंद थी। एक दिन उन्होंने साथ काम करने वालों से कहा- मुझे ये कार पसंद है, देखना एक दिन मैं भी मर्सिडीज चलाऊंगा। किसी तरह ये बाद मुमताज के कानों तक पहुंची। उस दिन जब वो शूटिंग पूरी कर निकलीं, तो अमिताभ की कार ले गईं और अपनी वहीं सेट पर छोड़ दी। अमिताभ बाहर आए, तो उन्हें अपनी कार नहीं मिली। आसपास पूछा, तो गार्ड ने बताया कि मुमताज अपनी कार आपके लिए छोड़ गई हैं, जिससे आप इसे चला लें। अमिताभ उनकी कार घर ले गए और इस तरह मुमताज ने अमिताभ की इच्छा पूरी कर दी। किस्सा- 7 शम्मी कपूर ने प्रपोज किया, तो राज कपूर ने मेरा नाम जोकर से निकाला हिट फिल्में देते हुए मुमताज बड़ी एक्ट्रेस बन गईं। इसी समय 1968 में उन्हें शम्मी कपूर के साथ फिल्म ब्रह्मचारी में कास्ट किया गया। साथ काम करते हुए दोनों एक दूसरे को पसंद करने लगे।। रिलीज के बाद फिल्म सुपरहिट हुई और इसके गाने आज कल तेरे मेरे प्यार के चर्चे, चक्के में चक्का, चक्के पे गाड़ी काफी हिट हुए। फिल्म रिलीज के कुछ समय बाद शम्मी कपूर और मुमताज रिलेशनशिप में आ गए। कुछ समय बाद शम्मी कपूर ने उन्हें शादी का प्रस्ताव दिया। मुमताज भी शादी करना चाहती थीं, लेकिन राज कपूर ने शर्त रखी कि अगर शादी करनी है, तो मुमताज को फिल्मों में काम करना बंद करना पड़ेगा, हमारे घर की बहुएं काम नहीं करेंगी। मुमताज उस समय करियर के पीक पर थीं और घर की जिम्मेदारी होने के चलते वो काम नहीं छोड़ना चाहती थीं। शम्मी कपूर ने उनके परिवार को आर्थिक मदद देने का वादा भी किया, लेकिन मुमताज ने करियर के लिए प्यार की कुर्बानी दे दी। जिस समय मुमताज और शम्मी कपूर की शादी की बात चल रही थी, तभी राज कपूर ने उन्हें फिल्म मेरा नाम जोकर में फिरंगी महिला के रोल में कास्ट किया था। जैसे ही उन्हें पता चला कि शम्मी उनसे शादी करना चाहते हैं, राज कपूर ने मुमताज को फिल्म से निकाल दिया। राज कपूर ने मुमताज से कहा था- मैं तुम्हें नहीं ले सकता। घर के लोगों को ऐसा खुला रोल नहीं दूंगा। मुमताज की जगह बाद में रशियन एक्ट्रेस सेनिया को कास्ट किया गया था। किस्सा- 8 फिल्म में देव आनंद की बहन बनने से किया इनकार मुमताज ने 1971 की फिल्म तेरे मेरे सपने में देव आनंद के साथ काम किया। कुछ साल बाद उन्हें फिल्म हरे रामा हरे कृष्णा मिली, लेकिन कहा गया कि उन्हें देव साहब की बहन का किरदार निभाना है। मुमताज ने तुरंत मना कर दिया। कहा- मैं इतने रोमांटिक हीरो की बहन का रोल हरगिज नहीं करूंगी। उनकी ये बात सुनकर देव आनंद खूब हंसे और कहा- फिल्म में काम तो तुम करोगी, लेकिन मेरी हीरोइन बन कर। बाद में जीनत अमान को बहन का रोल दिया गया और मुमताज ने देव आनंद के साथ लीड रोल किया। ये फिल्म जबरदस्त हिट रही थी। किस्सा- 9 दूसरे हीरो के साथ काम करने पर नाराज हो जाते थे राजेश खन्ना राजेश खन्ना और मुमताज की दोस्ती बहुत गहरी थी। जब कभी मुमताज किसी दूसरे एक्टर के साथ फिल्म साइन कर लेतीं तो राजेश खन्ना इस बात से नाराज हो जाते थे। इस पर मुमताज उनसे कहतीं- आप भी तो दूसरी एक्ट्रेस के साथ फिल्में साइन कर लेते हैं, मैं तो नाराज नहीं होती। अपनी इसी आदत से वो राजेश खन्ना को मना लेती थीं। किस्सा-10 24 की उम्र में शादी कर छोड़ी फिल्में, ससुराल ने काम करने से रोका मुमताज करियर के पीक पर थीं, जब घरवालों ने उनका रिश्ता युगांडा के रईस बिजनेसमैन मयूर माधवानी से तय कर दिया। रूढ़िवादी मुस्लिम परिवार में जल्दी शादी करवाने का रिवाज था। घरवालों ने दबाव दिया, तो मुमताज न नहीं कह सकीं। उन्होंने ज्यादातर फिल्मों का साइनिंग अमाउंट लौटा दिया और जो अधूरी फिल्में थीं, उनकी शूटिंग पूरी की। 1974 में उनकी मयूर से शादी हुई और वो युगांडा जाकर बस गईं। शादी से पहले ही उनके पति के भाई ने साफ कह दिया कि मुमताज को फिल्मों में काम करना छोड़ना होगा। शादी के बाद उनका 3-4 बार मिसकैरेज हुआ था। उनकी दो बेटियां हैं, जिनका नाम नताशा और तान्या है। उनकी बड़ी बेटी नताशा की शादी एक्टर फरदीन खान से हुई है। फरदीन के पिता फिरोज खान और मुमताज करीबी दोस्त हैं। किस्सा- 11 मौत से पहले शम्मी कपूर ने रखी मुमताज से मिलने की इच्छा, मिलीं तो रो पड़ीं साल 2010 में मुमताज भारत में थीं, जब उनके पास शम्मी कपूर की पत्नी नीला देवी का कॉल आया। नीला ने उन्हें कहा कि शम्मी कपूर की इच्छा है कि आप उनकी बर्थडे पार्टी में आएं। मुमताज ने जवाब दिया- मैं जरूर आऊंगी। जैसे ही वो पार्टी में पहुंची, तो देखा शम्मी कपूर शराब पी रहे हैं। इस बात की जानकारी फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े हर शख्स को थी कि शम्मी कपूर की तबीयत कई महीनों से बिगड़ी हुई है। मुमताज पास पहुंचीं और कहा- ‘अगर आपकी तबीयत ठीक नहीं है तो आप शराब क्यों पी रहे हैं।’ शम्मी कपूर ने जवाब में कहा- ‘मैं ज्यादा दिनों तक नहीं जीने वाला।’ मुमताज को उस दिन ही पता चला कि शम्मी कपूर चंद महीनों के ही मेहमान हैं। वो भावुक हो गईं और कहा- ‘आप पी सकते हैं। एंजॉय योरसेल्फ। ’ कुछ देर बाद मुमताज वहां से चली गईं। जाते हुए बस कहा- ‘अपना ख्याल रखना।’
आजकल बॉलीवुड में पुराने गानों का रीमेक बनाने का एक ट्रेंड सा चल पड़ा है। इसी कड़ी में 90 के दशक की ब्लॉकबस्टर फिल्म 'करण अर्जुन' के आइकॉनिक गाने 'राणाजी माफ करना' का नया वर्जन 'राणाजी 2.0' हाल ही में रिलीज हुआ है। लेकिन दर्शकों को यह नया प्रयोग बिल्कुल पसंद नहीं आया और सोशल मीडिया पर इसे जमकर ट्रोल किया जा रहा है। इस भारी विरोध और आलोचनाओं के बीच अब उस ओरिजिनल गाने में अपनी अदाओं से दर्शकों को दीवाना बनाने वाली एक्ट्रेस ममता कुलकर्णी ने अपनी बात रखी है।'राणाजी 2.0' को क्यों नकार रहे हैं दर्शक?दर्शकों का साफ कहना है कि नए गानों के नाम पर पुराने क्लासिक गानों की आत्मा के साथ छेड़छाड़ की जा रही है। 'राणाजी 2.0' में न तो वह पुराना सुकून देने वाला संगीत है और न ही वह सादगी जो 90 के दशक के गानों की पहचान हुआ करती थी। सोशल मीडिया पर यूजर्स लगातार कमेंट कर रहे हैं कि नए कलाकारों की परफॉरमेंस में वह बात नहीं है जो सालों पहले ममता कुलकर्णी ने पर्दे पर दिखाई थी। इसी तुलना और पुरानी यादों के चलते नया गाना लोगों की उम्मीदों पर पूरी तरह से पानी फेरता नजर आ रहा है।ममता ने बताया ओरिजिनल की सफलता का राजनए गाने की ट्रोलिंग पर अपनी राय रखते हुए ममता कुलकर्णी ने इस बात पर जोर दिया कि उस दौर के गानों में एक अलग तरह की कशिश होती थी। उन्होंने बताया कि 90 के दशक के गानों में संगीत, बोल और कलाकारों की मेहनत का एक ऐसा परफेक्ट तालमेल होता था, जो सीधे लोगों के दिलों को छूता था। उस समय तकनीक भले ही आज जितनी एडवांस नहीं थी, लेकिन गानों में जो भावनाएं होती थीं वो बिल्कुल असली और जमीन से जुड़ी होती थीं। यही बड़ी वजह है कि 'राणाजी' जैसा गाना आज दशकों बाद भी हर पीढ़ी की जुबान पर चढ़ा हुआ है और दर्शक आज भी उस ओरिजिनल धुन को भूल नहीं पाए हैं।
लोकप्रिय रियलिटी शो 'द ट्रेटर्स' के दूसरे सीजन का सस्पेंस अब खत्म हो गया है और फैंस जिस चीज का बेसब्री से इंतजार कर रहे थे, वो लिस्ट आ चुकी है। अगर आप भी यह सर्च कर रहे हैं कि इस बार शो में कौन-कौन शामिल हो रहा है, तो आपको बता दें कि मेकर्स ने 21 दमदार कंटेस्टेंट्स की पूरी लिस्ट फाइनल कर ली है। इस बार गेम का लेवल पहले से कहीं ज्यादा मुश्किल और रोमांचक होने वाला है क्योंकि बॉलीवुड की बेबाक अदाकारा मल्लिका शेरावत से लेकर रियलिटी शोज के मास्टरमाइंड माने जाने वाले मुनव्वर फारूकी तक एक ही छत के नीचे नजर आएंगे।मल्लिका शेरावत और मुनव्वर फारूकी सहित 21 नामों का खुलासायह शो पूरी तरह से चालाकी, धोखे और भरोसे के इर्द-गिर्द घूमता है। मेकर्स ने इस बार एंटरटेनमेंट को ध्यान में रखते हुए एकदम अलग-अलग बैकग्राउंड के 21 लोगों को चुना है ताकि दर्शकों को हर एपिसोड में नया ड्रामा देखने को मिले। सबसे ज्यादा चर्चा मल्लिका शेरावत की हो रही है जो एक लंबे ब्रेक के बाद इतने बड़े रियलिटी गेम शो का हिस्सा बन रही हैं। वहीं, मुनव्वर फारूकी अपनी चतुर गेम प्लानिंग और स्ट्रैटेजी के लिए जाने जाते हैं। जब ये दोनों आमने-सामने होंगे, तो यकीनन बाकी कंटेस्टेंट्स के लिए अपनी जगह बचाना आसान नहीं होगा।कौन बिगाड़ेगा किसका गेम और क्या होगी रणनीति?'द ट्रेटर्स' का फॉर्मेट ही ऐसा है जहाँ कंटेस्टेंट्स को 'फेथफुल' (वफादार) और 'ट्रेटर्स' (धोखेबाज) में बांट दिया जाता है। इस बार यह देखना सबसे दिलचस्प होगा कि 21 लोगों की इस भारी भीड़ में कौन किस पर भरोसा करता है और कौन पीठ में छुरा घोंपता है। मुनव्वर फारूकी का शांत दिमाग और मल्लिका शेरावत का आक्रामक अंदाज शो में एक तगड़ा तड़का लगाएगा। हर कोई एक-दूसरे का गेम बिगाड़ने की फिराक में रहेगा और दर्शक भी टीवी स्क्रीन से नजरें नहीं हटा पाएंगे। जल्द ही शो की स्ट्रीमिंग शुरू होगी और यह साफ हो जाएगा कि इस सीज़न का असली मास्टरमाइंड कौन है।क्लिक-वर्दी मीडियम और ब्लॉग टाइटल्स (Click-Worthy Title Suggestions):मल्लिका शेरावत vs मुनव्वर फारूकी: 'द ट्रेटर्स 2' के 21 कंटेस्टेंट्स की लिस्ट देख उड़ जाएंगे आपके होश!द ट्रेटर्स 2 में एंट्री ले रहे हैं ये 21 धुरंधर, जानें कौन रचेगा धोखे का सबसे बड़ा चक्रव्यूह।The Traitors 2 India: 21 Contestants Revealed! Will Munawar Faruqui Survive Mallika's Game?मुनव्वर फारूकी का नया माइंड गेम! द ट्रेटर्स 2 की पूरी लिस्ट और अंदर की सारी कहानी।
एक्ट्रेस से अब प्रेजेंटर बनीं सोनाली बेंद्रे, फिल्म 'सोलह' से शुरू किया सिनेमा का नया सफर
मुंबई, बॉलीवुड में कई सालों तक अपनी खूबसूरती और दमदार एक्टिंग से दिल जीतने वाली सोनाली बेंद्रे अब एक नए रोल में नजर आएंगी। दरअसल, वह अब अभिनय के साथ-साथ अच्छी कहानियों को आगे बढ़ाने का काम भी करना चाहती हैं। इसी सोच के साथ उन्होंने फिल्म 'सोलह' के साथ प्रेजेंटर के तौर पर अपना सफर शुरू किया है।
हिंदी सिनेमा के पहले 'सुपरस्टार' राजेश खन्ना के ऐतिहासिक और प्रतिष्ठित बंगले 'आशीर्वाद' को लेकर बॉम्बे हाईकोर्ट ने एक बेहद अहम और कड़ा आदेश जारी किया है। कोर्ट ने विभिन्न मीडिया संस्थानों और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को निर्देश दिया है कि वे इस संपत्ति को 'शापित', 'भूतिया' या 'अशुभ' करार देने वाली खबरों और दावों पर तुरंत रोक लगाएं। अदालत ने अपने अंतरिम आदेश में स्पष्ट किया है कि इस तरह की सनसनीखेज और निराधार बातें पहली नजर में मानहानिकारक हैं, जो मौजूदा मकान मालिक के सम्मान और गरिमापूर्ण जीवन जीने के मौलिक अधिकारों का सीधे तौर पर हनन करती हैं।अब किसके स्वामित्व में है राजेश खन्ना का यह ऐतिहासिक बंगला?आपकी जानकारी के लिए बता दें कि दिग्गज अभिनेता राजेश खन्ना का जुलाई 2012 में निधन हो गया था। उनके निधन के कुछ समय बाद, उनके परिवार ने इस ऐतिहासिक बंगले को ప్రముఖ व्यवसायी शशि शेट्टी को बेच दिया था। रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह सौदा लगभग 90 करोड़ रुपये में हुआ था। संपत्ति खरीदने के बाद नए मालिक शशि शेट्टी ने पुराने बंगले को पूरी तरह से गिरा दिया था और वहां अपने परिवार के रहने के लिए एक नया चार मंजिला आधुनिक घर तैयार करवाया है। हालांकि, पुरानी यादों और इस बंगले के ऐतिहासिक महत्व को सम्मान देते हुए उन्होंने इसका नाम आज भी 'आशीर्वाद' ही रखा हुआ है।क्यों खटखटाना पड़ा वर्तमान मालिक को बॉम्बे हाईकोर्ट का दरवाजा?हाल ही के दिनों में इंटरनेट, सोशल मीडिया और कुछ डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर ऐसे कई लेख और वीडियो धड़ल्ले से वायरल हो रहे थे, जिनमें 'आशीर्वाद' बंगले को देश के सबसे 'भूतिया' या 'श्रापित' मकानों की सूची में शामिल किया गया था। इस प्रकार की भ्रामक, मनगढ़ंत और नकारात्मक खबरों के कारण वर्तमान मालिक शशि शेट्टी की मानसिक शांति और प्रतिष्ठा को ठेस पहुंच रही थी। अपने घर को लेकर फैलाई जा रही इन आधारहीन अफवाहों और सनसनीखेज दावों से परेशान होकर आखिरकार शशि शेट्टी ने बॉम्बे हाईकोर्ट का रुख किया और कानूनी कार्रवाई की मांग की।अदालत की सख्त टिप्पणी और अगली सुनवाईमामले की गंभीरता को समझते हुए बॉम्बे हाईकोर्ट ने वर्तमान मालिक शशि शेट्टी की आपत्तियों को पूरी तरह से जायज ठहराया है। कोर्ट ने सख्त लहजे में टिप्पणी करते हुए कहा कि केवल अपनी टीआरपी बढ़ाने या सनसनी फैलाने के उद्देश्य से किसी की निजी संपत्ति को बिना किसी तार्किक आधार के 'भूतिया' या 'शापित' बताना पूरी तरह से गैरकानूनी और अनुचित है। चूंकि सुनवाई के दौरान आरोपी या संबंधित मीडिया प्लेटफॉर्म्स की ओर से कोई भी अपना पक्ष रखने के लिए अदालत में पेश नहीं हुआ, इसलिए हाईकोर्ट ने आगामी 21 अगस्त 2026 को होने वाली अगली सुनवाई तक इस तरह के सभी मानहानिकारक प्रकाशनों और वीडियो प्रसारण पर पूरी तरह से रोक लगा दी है।क्या है 'आशीर्वाद' बंगले का गौरवशाली और दिलचस्प इतिहास?राजेश खन्ना का यह 'आशीर्वाद' बंगला हिंदी सिनेमा के सुनहरे इतिहास का एक बहुत बड़ा गवाह रहा है। 1950 के दशक में मशहूर अभिनेता राजेंद्र कुमार ने इस जमीन को खरीदकर यहां एक घर बनवाया था और इसका नाम 'डिमिया' रखा था। इस घर में रहने के बाद राजेंद्र कुमार की झोली में लगातार कई सुपरहिट फिल्में आईं और उन्हें हिंदी सिनेमा का 'जुबली कुमार' कहा जाने लगा। इसके बाद, साल 1970 के दशक में राजेश खन्ना ने राजेंद्र कुमार से यह बंगला खरीद लिया और इसका नाम बदलकर 'आशीर्वाद' रख दिया। इसी प्रतिष्ठित बंगले की चार दीवारों के भीतर रहते हुए राजेश खन्ना ने भारतीय सिनेमा के पहले 'सुपरस्टार' का मुकाम हासिल किया। हालांकि, साल 2012 में राजेश खन्ना के निधन के बाद उनकी इच्छा इसे एक संग्रहालय (म्यूज़ियम) में बदलने की थी, लेकिन पारिवारिक और वित्तीय कारणों से अंततः इसे बेच दिया गया, और अब यह एक नए आधुनिक स्वरूप में मौजूद है।
रामायण और महाभारत जैसी महागाथाएं जब भी पर्दे पर उतरती हैं, दर्शकों में गजब का उत्साह देखने को मिलता है। रामानंद सागर के ऐतिहासिक धारावाहिक 'रामायण' ने टेलीविजन की दुनिया में जो कीर्तिमान स्थापित किया था, उसे आज तक कोई पार नहीं कर पाया है। हालांकि, बड़े पर्दे पर जब भी इस महाकाव्य को उतारने की कोशिश की गई, तो उम्मीदें आसमान पर होती हैं। कुछ साल पहले रिलीज हुई प्रभास की 'आदिपुरुष' का बॉक्स ऑफिस पर जो हश्र हुआ, उससे यह साबित हो गया कि केवल बड़ा बजट किसी फिल्म को सफलता नहीं दिला सकता। अब हर किसी के जेहन में यही सवाल है कि क्या रणबीर कपूर और यश स्टारर निर्देशक नितेश तिवारी की आगामी मेगा बजट फिल्म 'रामायण' का हश्र भी कहीं 'आदिपुरुष' जैसा तो नहीं होगा?क्यों फ्लॉप हो गई थी प्रभास की 'आदिपुरुष'आदिपुरुष के मेकर्स ने जब इस फिल्म का ऐलान किया था, तब फैंस की एक्साइटमेंट सातवें आसमान पर थी। रिपोर्ट्स के मुताबिक, फिल्म का भारी-भरकम बजट 500 से 700 करोड़ रुपये के बीच था। लेकिन जैसे ही फिल्म का टीजर और ट्रेलर सामने आया, वीएफएक्स की खराब क्वालिटी ने दर्शकों को बुरी तरह निराश कर दिया। फिल्म में दिखाए गए अजीबोगरीब जीव, ड्रैगन्स और चमगादड़ जैसे किरदारों की जमकर आलोचना हुई। इसके अलावा, फिल्म के संवादों यानी डायलॉग्स को लेकर भी भारी विवाद हुआ। मेकर्स ने भाषा को बहुत सामान्य रखने की कोशिश की थी, लेकिन आलोचकों और दर्शकों ने इसे 'सड़क छाप' भाषा करार दिया, जिससे सनातन संस्कृति से जुड़े लोगों की भावनाएं आहत हुईं। ओम राउत के निर्देशन में बनी इस फिल्म में प्रभास, कृति सेनन और सैफ अली खान जैसे बड़े सितारे होने के बावजूद यह बॉक्स ऑफिस पर औंधे मुंह गिर गई।आदिपुरुष से काफी अलग और बेहतर है रणबीर कपूर की 'रामायण' का ट्रेलरअब जब नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही फिल्म 'रामायण' का ट्रेलर रिलीज हो चुका है, तो लोग इसकी तुलना सीधे 'आदिपुरुष' से कर रहे हैं। हालांकि, शुरुआती रुझानों और 4 मिनट 9 सेकंड के इस लंबे ट्रेलर को देखकर यह साफ हो गया है कि मेकर्स ने 'आदिपुरुष' वाली गलतियों से बहुत कुछ सीखा है। ट्रेलर में वीएफएक्स का स्तर काफी उन्नत और भव्य नजर आ रहा है। इसके अलावा, संवादों में शालीनता और पवित्रता साफ झलकती है। ट्रेलर में राम के वनवास जाने, राजा दशरथ की मनोव्यथा, शूर्पणखा की घटना और लक्ष्मण के प्रेम जैसे दृश्यों ने दर्शकों के दिलों को छू लिया है। सोशल मीडिया पर यूजर्स का कहना है कि नितेश तिवारी की यह फिल्म विजुअल और कहानी के मामले में मील का पत्थर साबित हो सकती है।यश का दमदार स्टारडम और साई पल्लवी का अभिनय बढ़ा रहा है उत्साहरणबीर कपूर और यश अभिनीत इस फिल्म को लेकर केवल भारत ही नहीं बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी जबरदस्त बज बना हुआ है। फिल्म में साउथ के सुपरस्टार यश के रावण वाले लुक और उनके खूंखार अंदाज ने फैंस के बीच क्रेज को और ज्यादा बढ़ा दिया है। लोग सोशल मीडिया पर यश के रावण की तुलना 'आदिपुरुष' के रावण से करके उनकी जमकर तारीफ कर रहे हैं। वहीं, माता सीता के किरदार में नजर आने वाली अभिनेत्री साई पल्लवी के लुक को लेकर भी फैंस काफी उत्साहित हैं। दर्शकों का मानना है कि इस रोल के लिए साई पल्लवी से बेहतर चुनाव दूसरा कोई नहीं हो सकता था।सस्पेंस और रणनीतिक मार्केटिंग बना रही है फिल्म को खास'आदिपुरुष' के मामले में मेकर्स ने रिलीज से पहले ही लगभग हर एक चीज खुलकर सामने रख दी थी, जिससे रोमांच खत्म हो गया था। इसके विपरीत, 'रामायण' के मेकर्स ने फिल्म के इर्द-गिर्द एक मजबूत सस्पेंस बनाकर रखा है। ट्रेलर रिलीज होने के बाद भी दर्शकों के मन में कई सवाल हैं, जैसे कि हनुमान जी की भव्य झलक पर्दे पर कैसी होगी। सैन डिएगो कॉमिक कॉन में मिले शानदार रिस्पॉन्स और ऑस्कर विजेता संगीतकार हंस जिमर के जुड़ने से इस फिल्म का कद और ऊंचा हो गया है। इन सभी पहलुओं को देखते हुए यह उम्मीद पूरी तरह से की जा सकती है कि 'रामायण' का हश्र 'आदिपुरुष' जैसा बिल्कुल नहीं होगा, बल्कि यह बॉक्स ऑफिस पर नए रिकॉर्ड कायम करने के लिए पूरी तरह तैयार है।
जेठालाल: दिशा के साथ वाली केमिस्ट्री को मिस करता हूं
मुंबई, अभिनेता दिलीप जोशी ने टीवी शो 'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' में अपनी को-स्टार दिशा वकानी के साथ दर्शकों के दिलों में खास पहचान बनाई है। हालांकि दिशा अब शो छोड़ चुकी हैं, जिसकी कमी दर्शकों को ही नहीं, बल्कि को-स्टार्स को भी भरपूर खलती है।
बॉलीवुड एक्टर शाहरुख खान के बेटे आर्यन खान एक बार फिर अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर चर्चा में आ गए हैं। लंदन में आर्यन को एक मिस्ट्री गर्ल के साथ देखा गया, जिनकी तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए हैं। यूजर्स ने इस मिस्ट्री गर्ल की पहचान आर्टिस्ट विनी तकायर के रूप में की है। दोनों को लंदन के एक कसीनो से बाहर निकलते हुए देखा गया, जिसके बाद से दोनों के डेटिंग की चर्चा शुरू हो गई है। हालांकि, इस पर दोनों की तरफ से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। लंदन कसीनो के बाहर साथ दिखे आर्यन और विनीतस्वीरों में आर्यन खान कैजुअल लुक में नजर आ रहे हैं। वे लंदन के एक कसीनो से बाहर निकलते दिख रहे हैं। उनके ठीक पास में विनी तकायर खड़ी हैं, जिन्होंने ऑल-ब्लैक आउटफिट पहना हुआ है। दोनों के एक साथ कसीनो से बाहर निकलने के बाद ही फैंस के बीच उनके रिश्ते को लेकर तरह-तरह की अटकलें लगाई जाने लगी हैं। विनी ने शेयर की तस्वीरें, लिखा- 'लंदन, आई एल वाई'तस्वीरें वायरल होने के तुरंत बाद विनी तकायर ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर लंदन ट्रिप की कुछ तस्वीरें शेयर की हैं। उन्होंने इन तस्वीरों के साथ कैप्शन लिखा, लंदन, आई एल वाई (London, ily)। विनी के इस पोस्ट के बाद दोनों के अफेयर की चर्चा और तेज हो गई। आर्यन और विनी इंस्टाग्राम पर एक-दूसरे को फॉलो भी करते हैं। फिलहाल दोनों में से किसी ने भी इन खबरों पर कोई रिएक्शन नहीं दिया है। पहले मॉडल लरिसा बोनेसी के साथ जुड़ा था नामयह पहली बार नहीं है जब आर्यन खान अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर चर्चा में हैं। इससे पहले उनका नाम ब्राजीलियन मॉडल और एक्ट्रेस लरिसा बोनेसी के साथ जोड़ा जा चुका है। लरिसा, आर्यन के लक्जरी कपड़ों के ब्रांड 'डी'यावोल एक्स' (D'YAVOL X) के कई विज्ञापनों में नजर आ चुकी हैं। इसके अलावा वे आर्यन की बतौर डायरेक्टर पहली सीरीज 'द बैड्स ऑफ बॉलीवुड' के प्रीमियर पर भी दिखाई दी थीं। डायरेक्शन और बिजनेस में करियर बना रहे हैं आर्यनशाहरुख खान के बड़े बेटे आर्यन खान एक्टिंग की जगह डायरेक्शन और बिजनेस में अपना करियर बना रहे हैं। उन्होंने अपने लक्जरी स्ट्रीटवियर ब्रांड के साथ बिजनेस की शुरुआत की थी। इसके बाद उन्होंने वेब सीरीज 'द बास्टर्ड्स ऑफ बॉलीवुड' से बतौर डायरेक्टर डेब्यू किया है। आर्यन मीडिया और लाइमलाइट से दूरी बनाए रखना पसंद करते हैं, लेकिन उनके सोशल मीडिया आउटिंग्स अक्सर चर्चा का विषय बन जाते हैं।
कुणाल खेमू की बहन ने कश्मीर से जुड़ी यादें साझा कीं, भावुक हुए अशोक पंडित
मुंबई, 1990 कश्मीरी पंडितों के लिए ऐसा भयावह माहौल लेकर आया था, जिसने उन्हें रातों रात घर छोड़ने पर मजबूर कर दिया। इन्हीं में अभिनेता कुणाल खेमू का परिवार भी शामिल था। गुरुवार को अभिनेता की बहन करिश्मा खेमू ने अपने दोबारा कश्मीर दौरे की झलकियां पेश कीं, जिसे देखकर मनोरंजन जगत के कई सेलेब्स, जो घाटी से ताल्लुक रखते हैं उनकी यादें ताजा हो गई।
'तुम्हें हर जन्म में चुनूंगी', सोनम कपूर और सास प्रिया आहूजा ने आनंद आहूजा के बर्थडे पर लुटाया प्यार
मुंबई, सोनम कपूर और उनके पति आनंद आहूजा की जोड़ी को बॉलीवुड की सबसे प्यारी जोड़ियों में गिना जाता है। दोनों अक्सर एक-दूसरे के लिए सोशल मीडिया पर प्यार भरे पोस्ट डालते रहते हैं। इस बीच, पति आनंद के जन्मदिन के मौके पर सोनम ने एक प्यार भरा पोस्ट शेयर किया। वहीं उनकी सास प्रिया आहूजा ने भी आनंद के लिए इमोशनल नोट लिखा और परिवार की पुरानी यादें ताजा कीं।
साल 1964 में रिलीज हुई निर्देशक राज खोसला की फिल्म ‘वो कौन थी’ हिंदी सिनेमा की सबसे चर्चित मिस्ट्री-थ्रिलर फिल्मों में गिनी जाती है। मनोज कुमार, साधना, प्रेम चोपड़ा और हेलन जैसे कलाकारों से सजी इस फिल्म ने अपने रहस्य, संगीत और सस्पेंस से दर्शकों के बीच खास पहचान बनाई थी।
अभिनेता सोनू सूद ने देश छात्र प्रदर्शनों में शामिल युवाओं पर कंगना रनोट की टिप्पणी की आलोचना की है। हाल ही में कंगना ने प्रदर्शनकारी जेन-जी (Gen-Z) छात्रों को 'जनरेशन गटर' कहा था। इस बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए सोनू सूद ने कहा कि अगर कंगना ने ऐसा कहा है तो यह बहुत शर्मनाक है। सोनू ने कहा कि यही युवा कलाकारों को स्टार बनाते हैं और ऊंचाई तक पहुंचाते हैं। उन्होंने मशहूर हस्तियों को सोच-समझकर बोलने की सलाह दी और जनता को भगवान का रूप बताया। कहा- सोच समझकर कर बोलना चाहिएमीडिया से बातचीत के दौरान सोनू सूद ने कहा कि उन्होंने कंगना का पूरा बयान नहीं सुना है, लेकिन इस तरह की बयानबाजी से बचना चाहिए। सोनू ने कहा, ये युवा ही हैं जो कलाकारों को बनाते हैं और आपको इस मुकाम तक पहुंचने में मदद करते हैं। जब तक वे आपके साथ खड़े हैं, आप आगे बढ़ते रहेंगे। अगर वे साथ नहीं हैं तो काम मुश्किल हो जाता है। इसलिए हर किसी को साथ लेकर चलना चाहिए। उन्होंने कहा कि एक कहावत है 'तोल-मोल के बोल', यानी बोलने से पहले अच्छे से सोच लेना चाहिए क्योंकि जनता भगवान का दूसरा रूप होती है। कंगना ने युवाओं को बताया था 'जनरेशन गटर'यह पूरा विवाद तब शुरू हुआ जब बीजेपी सांसद और एक्ट्रेस कंगना रनोट ने अपने इंस्टाग्राम स्टोरीज पर कई पोस्ट शेयर किए। इनमें उन्होंने सीजेपी (CJP) विरोध प्रदर्शनों में शामिल युवाओं पर निशाना साधा था। कंगना ने प्रदर्शनकारी युवाओं को 'जनरेशन गटर' कहते हुए आरोप लगाया था कि ये लोग शराब और नशे का महिमामंडन करते हैं और पैसों के लिए अपने माता-पिता पर निर्भर रहते हैं। कंगना ने कहा था कि असली आजादी मेहनत से मिलती है, बिना कुछ कमाए आजादी की मांग करना गलत है। कंगना ने मीडिया पर लिखा था, सबसे ज्यादा चौंकाने वाली बात युवा हिंदू महिलाओं का व्यवहार है। वे स्वतंत्र और करियर बनाने वाली महिलाओं की जिंदगी की नकल करना चाहती हैं, लेकिन उस आजादी को कमाना नहीं चाहतीं। जो महिलाएं वास्तव में स्वतंत्र होती हैं, वे विद्रोही फैसले लेती हैं, बेबाक राय रखती हैं, परंपराओं से हटकर करियर चुनती हैं और अपने हर फैसले की जिम्मेदारी भी खुद उठाती हैं, क्योंकि वे अपने दम पर जीवन जीती हैं। वे यह सब अपने माता-पिता या परिवार की कीमत पर नहीं करतीं। यह तथाकथित पश्चिमी सोच वाली भारतीय महिलाओं की नई पीढ़ी है, जिन्हें मैं 'जनरेशन गटर' कहती हूं। उन्होंने आगे लिखा था, इनमें से कुछ के पास समाज को देने के लिए कुछ भी नहीं है। वे पढ़ाई में अच्छी नहीं हैं और उनकी सोच इतनी बदसूरत तथा मानसिकता इतनी भ्रष्ट है कि वे अच्छी गृहिणी भी नहीं बन सकतीं। फिर भी वे नशा करने, शराब पीने या कई लोगों के साथ शारीरिक संबंध बनाने की अपनी तथाकथित आजादी का खुलेआम प्रदर्शन करती हैं। वे बेशर्मी से अपने माता-पिता की कमाई पर निर्भर रहती हैं और वास्तव में आत्मनिर्भर हुए बिना स्वतंत्र जीवन जीने की मांग करती रहती हैं। एक विनम्र याद दिलाना: स्वतंत्र जीवन कमाना पड़ता है। अगर आप जिम्मेदारी उठाए बिना स्वतंत्र जीवन जीने की कोशिश करते हैं, तो आप सिर्फ एक विकृत व्यक्तित्व हैं - 'गटर छाप'। इसके अलावा कंगना ने एक और इंस्टाग्राम स्टोरी में लिखा था, प्रदर्शनकारियों को आम लोग उनकी गंदी और अपमानजनक रीलों की वजह से सड़कों पर पीट रहे हैं और गालियां दे रहे हैं। उन्हें समझना चाहिए कि जब बोलते हो तो सुनना भी पड़ेगा। अगर तुम सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाते हो, तो वही जनता भी तुम्हें नुकसान पहुंचाएगी। अगर तुम्हें देश और नेतृत्व से समस्या है और तुमने सार्वजनिक रूप से खूब गंदी-गंदी गालियां दी हैं, तो अब उनकी भी सुनो जो इस देश से प्यार करते हैं और इस सरकार को वोट की ताकत से लेकर आए हैं। क्योंकि बोलने का हक उन्हें भी है। अब रोने वाली कोई बात नहीं है।
'लॉक अप 2' में नेहल ने बढ़ाया आकांक्षा चमोला का हौसला, बोलीं-अपनी असली पर्सनालिटी दिखाओ
मुंबई, पूर्व बिग बॉस 19 की कंटेस्टेंट और मॉडल नेहल चुडासमा टीवी की दुनिया का जाना-पहचाना नाम हैं। बिग बॉस के घर में भी उन्होंने कई बार गलत समझे जाने और अकेले पड़ जाने का दर्द झेला था। शायद इसी वजह से जब वो 'लॉक अप 2' में आकांक्षा चमोला को सपोर्ट करने विजिटर बनकर पहुंचीं, तो उन्होंने सबसे पहले आकांक्षा की उसी उलझन को पकड़ा जो पिछले कई दिनों से दर्शकों को भी खटक रही थी।
फर्स्ट वीकेंड के बाद धीमी पड़ी 'जन नायकन' की रफ्तार, 7वें दिन सिंगल डिजिट में सिमटा कलेक्शन
सिनेमाघरों में बड़े धमाके के साथ रिलीज हुई बहुप्रतीक्षित फिल्म 'जन नायकन' के बॉक्स ऑफिस कलेक्शन को लेकर एक बड़ा अपडेट सामने आया है। शानदार ओपनिंग और धमाकेदार फर्स्ट वीकेंड के बाद अब वर्किंग डेज (सोमवार से गुरुवार) में फिल्म की रफ्तार काफी धीमी पड़ती दिखाई दे रही है। शुरुआती दिनों में बॉक्स ऑफिस पर राज करने वाली इस फिल्म का कारोबार अपने पहले हफ्ते के आखिरी दिनों में काफी नीचे आ गया है, जिसने ट्रेड एनालिस्ट्स और मेकर्स की चिंताएं थोड़ी बढ़ा दी हैं।वीकडेज के प्रेशर में लड़खड़ाई फिल्म, 7वें दिन आया भारी ड्रॉपफिल्म समीक्षकों और बॉक्स ऑफिस ट्रैकर्स के मुताबिक, 'जन नायकन' ने अपने शुरुआती तीन दिनों में दर्शकों की भारी भीड़ बटोरी थी, लेकिन सोमवार आते ही इसकी कमाई में भारी गिरावट दर्ज की गई। वीकडेज के प्रेशर और दर्शकों की संख्या में कमी के चलते फिल्म का कलेक्शन अपने 7वें दिन यानी गुरुवार को सिंगल डिजिट (दहाई के आंकड़े से कम) में सिमट कर रह गया है। लखनऊ, दिल्ली, मुंबई और पटना जैसे बड़े शहरों के मल्टीप्लेक्सों से लेकर सिंगल स्क्रीन्स तक पर इस फिल्म की ऑक्यूपेंसी में 50 फीसदी से ज्यादा की कमी देखी गई है।जानिए 'जन नायकन' का अब तक का कुल बॉक्स ऑफिस बिजनेसशुरुआती आंकड़ों की मानें तो 'जन नायकन' ने अपने पहले 7 दिनों के सफर में घरेलू बॉक्स ऑफिस पर एक सम्मानजनक टोटल खड़ा कर लिया है, लेकिन लाइफटाइम कलेक्शन के लिहाज से आगे की राह मुश्किल लग रही है। वीकेंड की बंपर कमाई के दम पर फिल्म ने अपने पहले हफ्ते में भारतीय बाजार से कुल मिलाकर एक मजबूत आंकड़ा पार कर लिया है, लेकिन दूसरे वीकेंड में फिल्म को अपनी साख बचाने के लिए कलेक्शन में एक बड़ा उछाल (जंप) दिखाना बेहद जरूरी होगा, वरना बड़ी स्क्रीन पर टिके रहना मुश्किल हो जाएगा।वर्ड ऑफ माउथ और आने वाली फिल्मों से मिलेगी कड़ी चुनौतीट्रेड पंडितों का मानना है कि 'जन नायकन' की कमाई में आई इस गिरावट के पीछे मिक्स्ड वर्ड ऑफ माउथ (दर्शकों की मिली-जुली प्रतिक्रिया) एक बड़ी वजह रही है। इसके साथ ही, आने वाले शुक्रवार को सिनेमाघरों में रिलीज होने जा रही नई फिल्मों के चलते इस फिल्म की स्क्रीन काउंट में भी भारी कटौती होने की संभावना है। अब यह देखना काफी दिलचस्प होगा कि क्या यह फिल्म अपने दूसरे वीकेंड में कम स्क्रीन्स के बावजूद दर्शकों को दोबारा थिएटरों तक खींचने में कामयाब हो पाती है या इसका बॉक्स ऑफिस सफर यहीं थम जाता है।
भारतीय सिनेमा इतिहास की सबसे भव्य और बहुप्रतीक्षित फिल्म 'रामायण' का ट्रेलर रिलीज होते ही इंटरनेट पर तहलका मच गया है। सुपरस्टार रणबीर कपूर (श्री राम) और रॉकिंग स्टार यश (रावण) की मुख्य भूमिकाओं से सजी इस फिल्म के विजुअल्स ने दर्शकों के रोंगटे खड़े कर दिए हैं। हालांकि, इस ब्लॉकबस्टर ट्रेलर के सामने आने के बाद जहां एक तरफ लोग इसकी भव्यता की तारीफ कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ सिनेमाप्रेमियों और फैंस को एक बहुत बड़ा झटका लगा है। फिल्म में 'बजरंगबली' यानी हनुमान जी का दमदार किरदार निभा रहे बॉलीवुड के 'तारा सिंह' सनी देओल की एक भी झलक ट्रेलर में न दिखने से फैंस का दिल टूट गया है।सोशल मीडिया पर भड़का फैंस का गुस्सा और निराशाट्रेलर के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर आउट होते ही मुंबई, दिल्ली, लखनऊ समेत पूरे देश के सिनेमा फैंस ने इसे लूप पर देखना शुरू कर दिया। दर्शकों को उम्मीद थी कि रणबीर और यश के दमदार आमने-सामने के सीन्स के साथ-साथ उन्हें सनी देओल का रौद्र और शक्तिशाली हनुमान अवतार भी देखने को मिलेगा। लेकिन पूरे ट्रेलर में सनी देओल को न पाकर फैंस ने मेकर्स के प्रति अपनी नाराजगी जाहिर करनी शुरू कर दी है। एक्स (ट्विटर) और इंस्टाग्राम पर मीम्स और कमेंट्स की बाढ़ आ गई है, जहां लोग कह रहे हैं कि मेकर्स को कम से कम हनुमान जी का एक छोटा सा टीजर या झलक तो जरूर दिखानी चाहिए थी।रणबीर कपूर और यश के लुक ने जीता दिल, वीएफएक्स की हो रही तारीफभले ही सनी देओल के फैंस थोड़े मायूस हों, लेकिन ट्रेलर में दिखाए गए अन्य किरदारों और सिनेमाटोग्राफी ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया है। भगवान राम के रूप में रणबीर कपूर की आंखों की सौम्यता और रावण के खूंखार अवतार में यश की एंट्री ने थिएटर जैसी फीलिंग स्क्रीन पर ला दी है। फिल्म के विजुअल इफेक्ट्स (VFX) और बैकग्राउंड स्कोर को लेकर बॉलीवुड और साउथ फिल्म इंडस्ट्री के विशेषज्ञ काफी उत्साहित हैं। जानकारों का मानना है कि यह फिल्म भारतीय बॉक्स ऑफिस के सारे पुराने रिकॉर्ड ध्वस्त करने का माद्दा रखती है।क्या मेकर्स ने सनी देओल के लुक को जानबूझकर रखा है सस्पेंसफिल्म क्रिटिक्स और इनसाइड सोर्सेज का कहना है कि निर्देशक नितेश तिवारी ने सनी देओल के हनुमान लुक को जानबूझकर ट्रेलर से गायब रखा है। इसके पीछे एक सोची-समझी मार्केटिंग और कूटनीतिक रणनीति हो सकती है। मेकर्स चाहते हैं कि सनी देओल का हनुमान अवतार सीधे सिनेमाघरों में या फिर फिल्म के किसी स्पेशल कैरेक्टर टीजर के जरिए ही दुनिया के सामने आए ताकि दर्शकों के बीच उत्सुकता का स्तर चरम पर बना रहे। अब यह देखना काफी दिलचस्प होगा कि फैंस की इस भारी मांग के बाद क्या मेकर्स फिल्म की रिलीज से पहले सनी देओल का कोई नया पोस्टर या प्रोमो जारी करते हैं या नहीं।
बॉलीवुड के 'बादशाह' शाहरुख खान के बड़े बेटे आर्यन खान अपनी प्रोफेशनल लाइफ के साथ-साथ अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर भी हमेशा लाइमलाइट में बने रहते हैं। इन दिनों सोशल मीडिया से लेकर फिल्मी गलियारों तक आर्यन खान की लव लाइफ को लेकर एक बेहद दिलचस्प खबर तेजी से वायरल हो रही है। यूनाइटेड किंगडम की राजधानी लंदन से आई कुछ तस्वीरों और वीडियो ने इंटरनेट का पारा बढ़ा दिया है, जहां आर्यन खान को एक मिस्ट्री गर्ल (रहस्यमयी लड़की) के साथ बेहद करीब और क्वालिटी टाइम बिताते हुए देखा गया है।लंदन की सड़कों पर मिस्ट्री गर्ल संग स्पॉट हुए आर्यन खानदरअसल, आर्यन खान इन दिनों अपने किसी अपकमिंग प्रोजेक्ट और पर्सनल ट्रिप के सिलसिले में लंदन में मौजूद हैं। लंदन के एक बेहद पॉश कैफे और नाइट क्लब से कुछ इनसाइड तस्वीरें लीक हुई हैं, जिसमें आर्यन खान एक खूबसूरत विदेशी लड़की के साथ नजर आ रहे हैं। तस्वीरों में दोनों की बॉन्डिंग और क्लोजनेस को देखकर कयास लगाए जा रहे हैं कि आर्यन खान की जिंदगी में किसी खास शख्स की एंट्री हो चुकी है। इस मिस्ट्री गर्ल के लुक और स्टाइल को देखकर फैंस लगातार इंटरनेट पर उसे सर्च कर रहे हैं।सोशल मीडिया पर फैंस के बीच छिड़ी बड़ी बहस और रूमर्स का बाजार गर्मजैसे ही ये तस्वीरें रेडिट, इंस्टाग्राम और एक्स (ट्विटर) पर वायरल हुईं, वैसे ही किंग खान के फैंस और नेटिजन्स के बीच चर्चा का दौर शुरू हो गया। मुंबई, दिल्ली से लेकर लंदन तक के यूजर्स इस मिस्ट्री गर्ल की पहचान उजागर करने में जुट गए हैं। कुछ यूजर्स का दावा है कि यह लड़की लंदन की कोई जानी-मानी मॉडल या आर्यन की पुरानी यूनिवर्सिटी फ्रेंड हो सकती है, वहीं कुछ का मानना है कि दोनों एक-दूसरे को डेट कर रहे हैं। हालांकि, हमेशा की तरह लाइमलाइट से दूरी बनाए रखने वाले आर्यन खान ने इन खबरों और वायरल तस्वीरों पर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।स्टार किड के नए प्रोजेक्ट्स और करियर पर टिकीं बॉलीवुड की नजरेंआर्यन खान का नाम इससे पहले भी कई मशहूर सेलिब्रिटीज और मॉडल्स के साथ जोड़ा जा चुका है, लेकिन उन्होंने कभी अपनी लव लाइफ को लेकर खुलकर बात नहीं की है। वर्तमान में आर्यन खान अपने निर्देशन की शुरुआत (Directional Debut) करने की तैयारियों में जुटे हैं, जिसे लेकर बॉलीवुड में काफी बज बना हुआ है। विशेषज्ञों का मानना है कि एक डायरेक्टर के तौर पर डेब्यू करने से पहले आर्यन का इस तरह सुर्खियों में आना उनके अपकमिंग प्रोजेक्ट्स को लेकर दर्शकों की उत्सुकता को और ज्यादा बढ़ा देता है। अब देखना यह होगा कि इस मिस्ट्री गर्ल की मिस्ट्री कब तक सामने आती है।
आनंद आहूजा के बर्थडे पर अनिल कपूर ने किया विश, शांतिप्रिय स्वभाव की तारीफ की
मुंबई, अभिनेत्री सोनम कपूर के पति आनंद आहूजा गुरुवार को अपना जन्मदिन मना रहे हैं। इस मौके पर उनके परिवार के सदस्यों ने जन्मदिन की बधाई दी।
एक्टर सुदेश बेरी ने हाल ही में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की जमकर तारीफ की। उन्होंने उन्हें भगवान विष्णु का अवतार बताया और कहा कि अगर मौका मिला, तो वह उनके पैर धोकर उनका पानी पीना चाहेंगे। वहीं, उन्होंने CJP पार्टी पर भी निशाना साधा। सुदेश बेरी ने कहा कि जंतर-मंतर पर बैठी CJP देश को आगे नहीं, बल्कि पीछे खींच रही है। उन्होंने कहा कि उन्हें इस पार्टी का नाम तक ठीक से नहीं पता। उन्होंने कहा, 'मुझे नहीं पता एजीपी, सीजीपी... मैं तो इन लोगों को पहचानता भी नहीं हूं। मैं सिर्फ इतना जानता हूं कि ये देश को पीछे खींच रहे हैं।' CJP पर निशाना साधते हुए सुदेश बेरी ने कहा, 'ये सब बेकार लोग हैं। इनके पास देश के लिए कोई काम नहीं है। अगर सच में समाज की सेवा करनी है, तो बच्चों के लिए गार्डन बनाएं, बुजुर्गों के लिए ओल्ड एज होम बनाएं और लोगों का इलाज कराएं। सिर्फ जंतर-मंतर पर बैठकर विरोध करने से कुछ नहीं होगा।' उन्होंने पार्टी के नाम पर भी तंज कसा। सुदेश बेरी ने कहा, 'कुछ अजीब से जानवर का नाम लेकर पार्टी बना दी। लकड़बग्घा पार्टी क्यों नहीं बनाते?' सुदेश बेरी ने मोदी की जमकर तारीफ की इंटरव्यू में सुदेश बेरी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा, 'नरेन्द्र मोदी ने बेचारे ने क्या बिगाड़ा है? उनको चाय बेचने दो। वो पूरी दुनिया में चाय बेचकर आए हैं।' बातचीत के दौरान इंटरव्यूअर ने सुदेश बेरी को याद दिलाया कि उन्होंने पहले अपनी मां के चरण धोकर उनका जल पिया था। इस पर उन्होंने कहा, 'अब मुझे मोदी जी के पैर धोकर पीना है। अगर आप मुझे मोदी जी से मिला दें। मैं तो उनसे मिला नहीं, मैं उनको जानता नहीं हूं। जैसे हमने ईश्वर को देखा नहीं है, फिर भी उनकी पूजा करते हैं, तो मैं भी उतनी ही इज्जत मोदी जी की करता हूं। तो इसमें कोई बुरी बात नहीं है। कोई बुरी बात तो नहीं है? करता हूं तो करता हूं। पार्टियों से परे, राजनीति से परे, एक इंसान के तौर पर।' रामराज्य आने का भी दावा किया सुदेश बेरी ने यह भी कहा कि उनके मुताबिक देश में 'रामराज्य आ चुका है।' जब उनसे पूछा गया कि ऐसा कैसे, तो उन्होंने जवाब दिया, 'रामराज्य आ चुका है। जो मैं देख सकता हूं, वो आप नहीं देख पा रहे हैं। शब्दों में नहीं बता सकते, ये महसूस करने वाली बात है।' इंटरव्यू में उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के अलावा गृह मंत्री अमित शाह, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि ये लोग देश के लिए काम कर रहे हैं और इनके खिलाफ बिना वजह बोलना ठीक नहीं है।
कभी थीं रंगू दीवान... फिर बनीं सिनेमा की सुलोचना, एक नाम जिसने मां के किरदार को किया अमर
मुंबई, हिंदी और मराठी सिनेमा की दिग्गज अभिनेत्री सुलोचना लाटकर का नाम आते ही आंखों के सामने एक मां की तस्वीर उभर आती है। पर्दे पर उन्होंने अमिताभ बच्चन से लेकर धर्मेंद्र और राजेश खन्ना तक, बड़े-बड़े सितारों की मां बनकर दर्शकों के दिलों में खास जगह बनाई।
मुंबई, साल 1983 में रिलीज हुई फिल्म 'हीरो' में जैकी श्रॉफ और मीनाक्षी शेषाद्रि की दमदार जोड़ी देखने को मिली थी। इस कड़ी में अब मीनाक्षी शेषाद्रि ने इस फिल्म से जुड़ा एक किस्सा साझा किया।
रिजेक्शन से स्टारडम तक: सोनू निगम की आवाज करोड़ों दिलों को पसंद
मुंबई, 'कल हो ना हो', 'सूरज हुआ मद्धम', 'ये दिल... दीवाना', 'संदेसे आते हैं' और 'अभी मुझमें कहीं' जैसे यादगार गानों से सोनू निगम ने करोड़ों दिलों में जगह बनाई। वह 90 और 2000 के दशक में बॉलीवुड के सबसे बड़े प्लेबैक सिंगर्स में शामिल रहे। आज भी उनकी आवाज लोगों का मन मोह लेती है। उनकी इस कामयाबी के पीछे कई ऐसे दर्द भरे पल भी छिपे हैं, जिनके बारे में कम ही लोग जानते हैं।
'गेट सेट गो' की स्टारकास्ट ने पेश की मिसाल, बाढ़ राहत कोष में दिया फिल्म प्रमोशन का बजट
राजकोट, गुजराती फिल्म इंडस्ट्री में अपनी अलग पहचान बनाने की तैयारी कर रही मल्टीस्टारर एडवेंचर फिल्म 'गेट सटे गो' रिलीज से पहले ही चर्चा में आ गई है। फिल्म की टीम ने ऐसी मिसाल पेश की है, जिसकी सराहना हर कोई कर रहा है।
ब्रह्ममुहूर्त में आया 'रामायण: पार्ट 1' का ट्रेलर, पांच भाषा में रिलीज
मुंबई, निर्देशक नितेश तिवारी की बहुप्रतीक्षित पौराणिक गाथा 'रामायण: पार्ट 1' का आधिकारिक ट्रेलर गुरुवार ब्रह्ममुहूर्त में हिंदी, कन्नड़, तेलुगु, तमिल और मलयालम सहित पांच भारतीय भाषाओं में रिलीज किया गया।
ट्रेलर की शुरुआत रावण के प्रभावशाली परिचय से होती है। यश को विशालकाय व्यक्तित्व, लंबी जटाओं और युद्ध कौशल से भरपूर रूप में दिखाया गया है। शुरुआती दृश्यों में यह स्थापित किया गया है कि रावण तीनों लोकों पर अपना प्रभाव स्थापित कर चुका है और उसका अहंकार चरम पर है।
भाई सोहेल से मिलने के लिए 'द अलायंस' के सेट पर पहुंचे सलमान खान, दिखा कूल बॉय लुक
मुंबई, अभिनेता सलमान खान अपने भाई सोहेल खान से मिलने के लिए रियलिटी शो 'द अलायंस' के सेट पर पहुंचे। सेट के बाहर अभिनेता ने पैपराजी को पोज दिए। शो में सलमान खान ने डेनिम की शर्ट, काली पैंट और काउबॉय हैट पहनी हुई थी। सलमान शो में तब पहुंचे, जब सोहेल एक मोमेंट पर भावुक हो गए।
'लॉकअप-2' में अर्जुन बिजलानी ने कंटेस्टेंट हर्षद को दिखाया आईना
मुंबई, पॉपुलर वेब रियलिटी शो 'लॉकअप-2' के हालिया स्पेशल एपिसोड में कंटेस्टेंट के करीबी बतौर मेहमान जेल के अंदर आए हैं। शो के दौरान हर्षद के विजिटर अर्जुन बिजलानी ने उन्हें आईना दिखाया तो गौतमी कपूर ने अपने पति राम कपूर की तरफ से श्रेया कालरा से माफी मांगी। साथ ही शिल्पा शिंदे की जमकर सराहना की।
कॉमेडी फिल्म की सबसे बड़ी जिम्मेदारी होती है दर्शकों को हंसाना। फिल्म 'भाई तेरा स्टार है' इसी सबसे जरूरी काम में बुरी तरह नाकाम रहती है। फिल्म शुरुआत से आखिर तक यह भरोसा दिलाती रहती है कि अब कुछ मजेदार होने वाला है, लेकिन हर अगले सीन के साथ निराशा ही हाथ लगती है। शोर है, भागदौड़ है, गलतफहमियां हैं, लेकिन हंसी कहीं दिखाई नहीं देती। राघव जुयाल की पहली सोलो लीड फिल्म से जिस धमाके की उम्मीद थी, वह शुरुआत में ही हवा हो जाती है। फिल्म की कहानीकहानी लंदन में रहने वाले स्ट्रगलिंग एक्टर अजय सिंह (राघव जुयाल) की है। क्रिकेट की एक शर्त हारने के बाद उस पर क्लब मालिक फैटी (संजय कपूर) का दस हजार पाउंड का कर्ज चढ़ जाता है। पैसे लौटाने के लिए उसके पास सिर्फ एक रात है, लेकिन सच बोलने की बजाय अजय एक के बाद एक झूठ बोलता चला जाता है। उसकी गर्लफ्रेंड रोशनी (निहारिका एन एम), बहन नताशा (पार्वती ओमनाकुट्टन) और रोशनी का भाई सिड (विवान भटेना) भी इस झूठ के जाल में फंसते चले जाते हैं। कहानी का आइडिया सुनने में दिलचस्प लगता है। एक रात, ढेर सारी गलतफहमियां और भागदौड़ वाली कॉमेडी, लेकिन स्क्रीन पर सब कुछ इतना बिखरा हुआ है कि कुछ देर बाद यह समझना मुश्किल हो जाता है कि कहानी आखिर जाना कहां चाहती है। कई सीन सिर्फ समय भरने के लिए जोड़े गए लगते हैं और क्लाइमैक्स तक पहुंचते पहुंचते फिल्म पूरी तरह थका देती है। फिल्म में एक्टिंगराघव जुयाल ने किल जैसी फिल्मों में अपने अभिनय से प्रभावित किया था, लेकिन यहां वह पूरी तरह लड़खड़ा जाते हैं। यह उनकी पहली सोलो लीड फिल्म है, लेकिन पूरी फिल्म में वह लीड हीरो से ज्यादा किसी साइड किरदार जैसे महसूस होते हैं। उनके चेहरे के हावभाव जरूरत से ज्यादा बनावटी लगते हैं और कई जगह ओवरएक्टिंग कॉमेडी को पूरी तरह खत्म कर देती है। कॉमिक टाइमिंग भी बार बार चूकती है, जिससे उनका किरदार दर्शकों से जुड़ ही नहीं पाता। संजय कपूर अपने अनुभव से कुछ दृश्यों को संभालने की कोशिश करते हैं, लेकिन कमजोर स्क्रिप्ट उनके हाथ भी बांध देती है। विवान भटेना अपने सीमित स्क्रीन टाइम में असर छोड़ते हैं और कई जगह राघव से ज्यादा सहज नजर आते हैं। पार्वती ओमनाकुट्टन ने फिल्म में सबसे बैलेंस्ड परफॉर्मेंस दी है। निहारिका एन एम ईमानदार कोशिश करती हैं, लेकिन कमजोर राइटिंग उन्हें भी ज्यादा मौका नहीं देता। चन्दन रॉय सान्याल और निकी वालिया जैसे शानदार एक्टर्स के टैलेंट का फिल्म में बहुत कम इस्तेमाल हुआ है। फिल्म में डायरेक्शननिर्देशक विवेक बी अग्रवाल की सबसे बड़ी गलती यह है कि उन्होंने शोर को कॉमेडी समझ लिया। पूरी फिल्म में किरदार लगातार भागते हैं, चिल्लाते हैं और एक दूसरे के पीछे दौड़ते रहते हैं, लेकिन कोई भी सिचुएशन ऐसी नहीं बनती जिस पर खुलकर हंसी आए। स्क्रीनप्ले जरूरत से ज्यादा उलझा हुआ है। नए किरदार आते रहते हैं, लेकिन कहानी को मजबूत करने के बजाय उसे और बिखेर देते हैं। कई पंचलाइन बिना असर छोड़े निकल जाती हैं। गलतफहमियों पर टिकी फिल्म की सबसे बड़ी ताकत उसकी राइटिंग होती है, लेकिन यहां वही सबसे कमजोर कड़ी साबित होती है। क्लाइमैक्स तक पहुंचते पहुंचते फिल्म पूरी तरह अपनी पकड़ खो देती है। फिल्म का तकनीकी पहलूलंदन की लोकेशन अच्छी लगती है और सिनेमैटोग्राफी भी ठीक ठाक है। एडिटिंग अगर थोड़ी और कसी हुई होती तो फिल्म का असर कुछ बेहतर हो सकता था, लेकिन कमजोर कहानी और ढीले स्क्रीनप्ले के सामने तकनीकी पक्ष भी बेबस नजर आता है। फिल्म में म्यूजिकअमित त्रिवेदी का म्यूजिक फिल्म की कुछ गिनी चुनी अच्छी बातों में शामिल है। हालांकि गाने कहानी की रफ्तार को रोकते हैं। सबसे अजीब फैसला आखिर में लगातार गाने रखने का है, जिससे फिल्म खत्म होने के बाद भी खत्म होती हुई महसूस नहीं होती। फिल्म को लेकर फाइनल वर्डिक्ट'भाई तेरा स्टार है' एक ऐसी कॉमेडी फिल्म है, जिसमें सबसे ज्यादा कमी हंसी की है। कमजोर कहानी, बिखरा हुआ स्क्रीनप्ले, फीका निर्देशन और राघव जुयाल की निराशाजनक लीड परफॉर्मेंस मिलकर इस फिल्म को बेहद थका देने वाला अनुभव बना देते हैं। जिस फिल्म से राघव को बतौर सोलो हीरो नई पहचान मिलनी थी, वही फिल्म उनके करियर के लिए एक बड़ा झटका साबित हो सकती है। अगर अच्छी कॉमेडी देखने की उम्मीद लेकर थिएटर जा रहे हैं, तो यह फिल्म आपकी उम्मीद और आपका धैर्य दोनों तोड़ देगी।
भाजपा सांसद और एक्ट्रेस कंगना रनोट के साथ चल रही बयानबाजी के बीच सीजेपी प्रवक्ता सौरव दास ने कहा कि उनके एक दोस्त ने उनसे कहा कि वह यंग ऋतिक रोशन जैसे दिखते हैं। दरअसल, 'द मोजो स्टोरी' पर पत्रकार बरखा दत्त से बातचीत में सौरव ने कहा कि उनके मन में कंगना के प्रति कोई निजी दुश्मनी नहीं है। सौरव ने कहा कि उन्होंने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी के जरिए भी कंगना से शांत रहने और बैठकर बातचीत करने की अपील की थी। उनके मुताबिक, मतभेदों का समाधान संवाद से होना चाहिए क्योंकि देश में चर्चा और बहस की संस्कृति लगातार कमजोर होती जा रही है। सौरव ने कहा कि उनके दोस्तों ने भी इस पर सवाल उठाए। उन्होंने बताया, ‘मेरे दोस्त भी मुझे मैसेज कर रहे थे कि अब वो तुम्हारे पीछे क्यों पड़ी है? उनमें से एक ने कहा कि मैं थोड़ा-बहुत यंग ऋतिक रोशन जैसा दिखता हूं।’ हालांकि, इस पर सौरव ने हैरानी जताई। जब सौरव से पूछा गया कि क्या वह कंगना के साथ कॉफी पर मिलना चाहेंगे, तो उन्होंने कहा कि उन्हें इससे कोई आपत्ति नहीं है। उनके मुताबिक, उनके मन में किसी के लिए, यहां तक कि भाजपा सांसदों के प्रति भी, कोई व्यक्तिगत दुश्मनी नहीं है। सौरव दास के बयान पर कंगना भड़क गईं बता दें कि इससे पहले लगातार स्टूडेंट प्रोटेस्ट की आलोचना कर रहीं एक्ट्रेस और सांसद कंगना रनोट कॉकरोच जनता पार्टी के प्रवक्ता सौरव दास के बयान पर भड़क गईं। दरअसल, कंगना के प्रोटेस्ट विरोधी बयानों पर सौरव ने कहा कि उन्हें उनकी पार्टी तक सीरियसली नहीं लेती, तो बाकी लोगों को भी नहीं लेना चाहिए। सौरव के बयान पर कंगना भड़क गईं और जवाब में उन्हें बेरोजगार और बेकार कहा था। पूरी खबर यहां पढ़ें… दरअसल, पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद से ही कंगना रनोट लगातार सोशल मीडिया पर कॉकरोच जनता पार्टी और स्टूडेंट प्रोटेस्ट के खिलाफ बयान दे रही हैं। मंगलवार को कंगना ने सोशल मीडिया पर लिखा था, प्रदर्शनकारियों को आम लोग उनकी गंदी और अपमानजनक रीलों की वजह से सड़कों पर पीट रहे हैं और गालियां दे रहे हैं। उन्हें समझना चाहिए कि जब बोलते हो तो सुनना भी पड़ेगा। अगर तुम सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाते हो, तो वही जनता भी तुम्हें नुकसान पहुंचाएगी। अगर तुम्हें देश और नेतृत्व से समस्या है और तुमने सार्वजनिक रूप से खूब गंदी-गंदी गालियां दी हैं, तो अब उनकी भी सुनो जो इस देश से प्यार करते हैं और इस सरकार को वोट की ताकत से लेकर आए हैं। क्योंकि बोलने का हक उन्हें भी है। अब रोने वाली कोई बात नहीं है। इसके अलावा कंगना ने एक और इंस्टाग्राम स्टोरी में लिखा था, सबसे ज्यादा चौंकाने वाली बात युवा हिंदू महिलाओं का व्यवहार है। वे स्वतंत्र और करियर बनाने वाली महिलाओं की जिंदगी की नकल करना चाहती हैं, लेकिन उस आजादी को कमाना नहीं चाहतीं। जो महिलाएं वास्तव में स्वतंत्र होती हैं, वे विद्रोही फैसले लेती हैं, बेबाक राय रखती हैं, परंपराओं से हटकर करियर चुनती हैं और अपने हर फैसले की जिम्मेदारी भी खुद उठाती हैं, क्योंकि वे अपने दम पर जीवन जीती हैं। वे यह सब अपने माता-पिता या परिवार की कीमत पर नहीं करतीं। यह तथाकथित पश्चिमी सोच वाली भारतीय महिलाओं की नई पीढ़ी है, जिन्हें मैं 'जनरेशन गटर' कहती हूं। उन्होंने आगे लिखा था, इनमें से कुछ के पास समाज को देने के लिए कुछ भी नहीं है। वे पढ़ाई में अच्छी नहीं हैं और उनकी सोच इतनी बदसूरत तथा मानसिकता इतनी भ्रष्ट है कि वे अच्छी गृहिणी भी नहीं बन सकतीं। फिर भी वे नशा करने, शराब पीने या कई लोगों के साथ शारीरिक संबंध बनाने की अपनी तथाकथित आजादी का खुलेआम प्रदर्शन करती हैं। वे बेशर्मी से अपने माता-पिता की कमाई पर निर्भर रहती हैं और वास्तव में आत्मनिर्भर हुए बिना स्वतंत्र जीवन जीने की मांग करती रहती हैं। एक विनम्र याद दिलाना: स्वतंत्र जीवन कमाना पड़ता है। अगर आप जिम्मेदारी उठाए बिना स्वतंत्र जीवन जीने की कोशिश करते हैं, तो आप सिर्फ एक विकृत व्यक्तित्व हैं - 'गटर छाप'।
90 के दशक में टीवी शो 'सुरभि' ने रेणुका शहाणे को घर-घर तक पहुंचा दिया था। उस दौर में सोशल मीडिया नहीं था, लेकिन लाखों चिट्ठियां कलाकारों तक पहुंचती थीं। दैनिक भास्कर से बातचीत में रेणुका शहाणे ने 'सुरभि' के दिनों की यादें साझा कीं। उन्होंने बताया कि फैंस के खत उनके लिए खास होते थे। एक दिन उन्हें खून से लिखा पत्र मिला, जिसने उन्हें बुरी तरह डरा दिया था। उन्होंने 'हम आपके हैं कौन' के बाद फिल्मों के बजाय टीवी चुनने की वजह भी बताई। सवाल: आप करीब 10 साल तक 'सुरभि' जैसे ऐतिहासिक शो का हिस्सा रहीं। आज जब हर चीज सोशल मीडिया पर आ गई है, तो क्या आपको चिट्ठियों वाला दौर याद आता है? जवाब: बहुत याद आता है। वह बेहद खूबसूरत एहसास था, जिसे आज हम मिस करते हैं। उस समय फैंस लंबे खत लिखा करते थे। उन चिट्ठियों में सिर्फ हमारे लिए प्यार नहीं, बल्कि अपनी जिंदगी की बातें भी होती थीं। ऐसा लगता था कि हमारा उनसे व्यक्तिगत रिश्ता बन गया है। आज लोगों से संपर्क करना आसान हो गया है, लेकिन उस इंतजार की मिठास खो गई है। किसी जवाब का इंतजार करना भी अपने आप में खुशी होती थी। पुराने पोस्ट ऑफिस बॉक्स देखती हूं तो लगता है कि एक पूरा दौर वहीं छूट गया। सवाल: उस दौर में फैंस के खतों से जुड़ा कोई ऐसा किस्सा जो आज भी याद हो? जवाब: बहुत सारे हैं। सबसे ज्यादा मुझे स्कूल के बच्चों की चिट्ठियां याद आती हैं। 'सुरभि' उस समय बच्चों का भी पसंदीदा कार्यक्रम था। कई बच्चे नौवीं-दसवीं से मुझे खत लिखना शुरू करते थे और कॉलेज तक लिखते रहे। उनकी पढ़ाई, दोस्त और सपने, सब उन चिट्ठियों में होते थे। ऐसा रिश्ता आज शायद सोशल मीडिया पर बन पाना मुश्किल है। एक घटना मैं कभी नहीं भूल सकती। बचपन में सुनते थे कि राजेश खन्ना जी को खून से लिखे खत आते थे। मैंने कभी नहीं सोचा था कि मेरे साथ भी ऐसा होगा। एक दिन मेरे घर पर खून से लिखा खत आया। उसे देखकर मैं सचमुच डर गई थी। मुझे लगा कि अगर कोई इंसान इस हद तक जा सकता है, तो ये प्यार नहीं बल्कि डराने वाली दीवानगी है। उस खत ने मुझे बहुत असहज कर दिया था। सवाल: इतना प्यार, इतनी लोकप्रियता, फिर भी क्या कभी लगा कि अभी बहुत कुछ हासिल करना बाकी है? जवाब: नहीं। सच कहूं तो मुझे जितना मिला, उसकी मैंने कभी कल्पना नहीं की थी। मैंने कभी आईने के सामने खड़े होकर अवॉर्ड लेने की स्पीच की प्रैक्टिस नहीं की। मैं इस क्षेत्र में इसलिए आई थी क्योंकि मुझे थिएटर से प्यार था। कब थिएटर मेरा पेशा बन गया और कब मुझे ऐसे मौके मिले जिन्होंने इतिहास रच दिया, यह मेरे लिए किसी आशीर्वाद से कम नहीं है। इसलिए मुझे कभी नहीं लगा कि कुछ छूट गया। सवाल: 'हम आपके हैं कौन' के बाद भी आपने कई फिल्में ठुकरा दीं। ऐसा फैसला लेना आसान नहीं रहा होगा? जवाब: उस समय फिल्मों में लगभग एक जैसे किरदार मिल रहे थे। एक भूमिका पसंद आने के बाद उसी तरह के रोल बार-बार मिलने लगते थे। मुझे लगा कि टेलीविजन पर महिलाओं के लिए ज्यादा मजबूत और अर्थपूर्ण किरदार लिखे जा रहे हैं। वहां हर बार कुछ नया करने का मौका मिलता था। इसलिए मैंने फिल्मों की बजाय टीवी को प्राथमिकता दी। सवाल: लेकिन उस दौर में फिल्मों को मना करना बहुत बड़ी बात मानी जाती थी? जवाब: शायद इसलिए कि मेरी महत्वाकांक्षा अलग थी। मेरा लक्ष्य सिर्फ लोकप्रिय होना नहीं था। मैं अच्छा काम करना चाहती थी। थिएटर ने मुझे सिखाया कि दर्शक पांच हों या पांच हजार, काम पूरी ईमानदारी से करना है। सफलता का मतलब सिर्फ स्टार बनना नहीं, बल्कि हर काम से कुछ नया सीखना भी है। मैंने हमेशा उसी सोच के साथ काम किया। सवाल: यानी आपके लिए लोकप्रियता से ज्यादा काम की गुणवत्ता मायने रखती थी? जवाब: बिल्कुल। मैं प्रशिक्षित अभिनेत्री नहीं थी। मैंने हर काम करते हुए सीखा। हर नए प्रोजेक्ट ने मुझे कुछ नया सिखाया। लोकप्रियता अपने आप मिलती चली गई। इसलिए मैंने कभी नहीं सोचा कि मुझे क्या हासिल करना है। मेरे लिए अच्छा काम करना ही सबसे बड़ी उपलब्धि रही। __________________________________ यह इंटरव्यू भी पढ़ें.. शाहरुख फिल्मों के बारे में नहीं सोचते थे:रेणुका शहाणे बोलीं- टीवी के बड़े स्टार थे, उन्हें देखने हजारों की भीड़ जुटती थी थिएटर से अभिनय की शुरुआत, पीएचडी छोड़कर एक्टिंग को करियर बनाना, शाहरुख खान के साथ 'सर्कस' में काम करने का अनुभव, निर्देशन की नई पारी और सोशल मीडिया पर बेबाक राय। दैनिक भास्कर से बातचीत में रेणुका शहाणे ने करियर के कई किस्से साझा किए, जिनसे पता चलता है कि उन्होंने लोकप्रियता से ज्यादा अच्छे काम को महत्व दिया।पूरा इंटरव्यू पढ़ें.. सास मां बन जाए तो रिश्ते खूबसूरत बनते हैं:रेणुका शहाणे बोलीं- नहीं तो बेटा और पति सास-बहू के झगड़ों में पिसेंगे मराठी वेब सीरीज 'अगं आई अहो आई' में रेणुका शहाणे ऐसी मां का किरदार निभा रही हैं, जो रिश्तों को जोड़ने में विश्वास रखती है। दैनिक भास्कर से बातचीत में उन्होंने बताया कि 'अगं आई' और 'अहो आई' का मतलब क्या है, सास-बहू के रिश्तों को लेकर धारणाएं कैसे बदल सकती हैं, परिवार क्यों टूट रहे हैं और बेटी की शादी के बाद मां किन भावनाओं से गुजरती है।पूरा इंटरव्यू पढ़ें...
सलमान खान बुधवार को रियलिटी शो 'अलायंस' के सेट पर पहुंचे। यहां वह अपने भाई सोहेल खान को सपोर्ट करने आए थे। सोहेल खान की पूर्व पत्नी सीमा सजदेह वाइल्ड कार्ड कंटेस्टेंट के तौर पर शो में शामिल हुई थीं। हालांकि, हाल ही में वह शो से बाहर हो गईं। सीमा के एलिमिनेट होने के बाद सोहेल भावुक नजर आए थे। अब सलमान शो में गेस्ट के रूप में दिखाई देंगे। सेट पर जाने से पहले सलमान ने पैपराजी के लिए भी पोज दिए। इस दौरान उनका ऑल-डेनिम लुक और काउबॉय हैट लोगों का ध्यान खींचता नजर आया। वर्क फ्रंट की बात करें तो सलमान जल्द ही फिल्म 'मातृभूमि: मे रेस्ट इन पीस' में दिखाई देंगे। इस फिल्म का निर्देशन अपूर्व लाखिया ने किया है। सोहेल ने सीमा की तारीफ की थी बता दें कि रियलिटी गेम शो 'अलायंस' में जब सीमा की एंट्री हुई, तब सोहेल ने उनकी तारीफ की थी। उस दौरान होस्ट कुणाल खेमू ने सोहेल से सीमा को लेकर सवाल किया था, जिस पर उन्होंने अपनी शादी और रिश्ते को लेकर खुलकर बात की। कुणाल खेमू ने पूछा था कि सीमा को शो में देखकर उन्हें कैसा लग रहा है। इस पर सोहेल खान ने कहा था कि उन्होंने सीमा के साथ अपनी जिंदगी के 25 साल बिताए हैं। उन्होंने सीमा को एक खूबसूरत और अच्छे दिल वाली महिला बताया। सोहेल ने यह भी कहा था कि अगर उनके रिश्ते में कभी कोई गलती हुई होगी, तो वह उनकी तरफ से हुई होगी। शो में सोहेल खान और सीमा के बीच बातचीत और बॉन्डिंग देखकर अन्य प्रतियोगियों ने तालियां बजाकर दोनों का हौसला बढ़ाया था। सोहेल और सीमा ने भागकर शादी की थी सोहेल और सीमा की पहली मुलाकात चंकी पांडे की सगाई की पार्टी में हुई थी। सोहेल पहली नजर में ही सीमा को दिल दे बैठे। जल्द ही दोनों ने एक-दूसरे को डेट करना शुरू कर दिया। लेकिन अलग-अलग धर्म होने की वजह से सीमा का परिवार इस रिश्ते के खिलाफ था। परिवार के विरोध के बावजूद दोनों ने साथ रहने का फैसला किया। 15 मार्च 1998 को, जिस दिन सोहेल की पहली डायरेक्टेड फिल्म 'प्यार किया तो डरना क्या' रिलीज हुई, उसी दिन दोनों ने घर से भागकर शादी कर ली। पहले आर्य समाज मंदिर में फेरे लिए और फिर निकाह किया। उनका पहला बेटा निर्वाण 2000 में और दूसरा बेटा योहान 2011 में हुआ। दोनों 2022 में अलग हो गए। रियलिटी गेम शो 'अलायंस' को कुणाल खेमू होस्ट कर रहे हैं। शो में रिश्तों और दोस्ती के समीकरण हर दिन बदलते रहते हैं। यह शो प्राइम वीडियो पर स्ट्रीम हो रहा है, जिसमें फिल्म और टीवी कलाकारों के साथ कई इंफ्लुएंसर्स भी हिस्सा ले रहे हैं। इसमें सोहेल खान, मिनी माथुर, कुशल टंडन, नीति टेलर और पायल गेमिंग शामिल हैं।
फिल्म रामायण का ट्रेलर रिलीज:ब्रह्म मुहूर्त में सुबह 4:15 बजे दुनिया भर में लॉन्च
नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही बहुचर्चित फिल्म 'रामायण' का बहुप्रतीक्षित ट्रेलर आज रिलीज हो गया है। मेकर्स ने इसे भारतीय समयानुसार 30 जुलाई सुबह 4:15 बजे, ब्रह्म मुहूर्त के शुभ अवसर पर दुनिया भर में लॉन्च किया। 'रामायण' के ट्रेलर को हिंदी, तमिल, तेलुगु, कन्नड़ और मलयालम समेत कई भाषाओं में एक साथ डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर रिलीज किया गया है। देखें ट्रेलर की झलक- रामायण के ट्रेलर ने जीता दर्शकों का दिल'रामायण' का ट्रेलर रिलीज होते ही सोशल मीडिया पर छा गया। भव्य दृश्य, भगवान राम के किरदार और रावण बने यश के दमदार अंदाज की जमकर तारीफ हो रही है। एक यूजर ने लिखा, यह सिर्फ ट्रेलर नहीं, पीढ़ियों से जुड़ी एक भावना है। वहीं दूसरे ने कहा, कुछ फिल्में देखी जाती हैं, रामायण महसूस की जाती है। एक यूजर ने लिखा, रावण के किरदार में यश की कास्टिंग बेहतरीन है। जबकि साई पल्लवी के सीता रूप को देखकर लोगों ने कहा, मां सीता के रूप में साई पल्लवी दिव्य लग रही हैं। कई दर्शकों ने यह भी लिखा कि ट्रेलर देखने के उत्साह में वे पूरी रात सो नहीं पाए। इससे पहले फिल्म के निर्माता नमित मल्होत्रा ने सोशल मीडिया पर ट्रेलर रिलीज की जानकारी दी थी कि हिंदू परंपरा में सुबह 4 से 5 बजे के बीच का समय ब्रह्म मुहूर्त माना जाता है, जिसे किसी भी नए और शुभ कार्य की शुरुआत के लिए सर्वोत्तम माना जाता है। इसी मान्यता को ध्यान में रखते हुए मेकर्स ने ट्रेलर रिलीज का समय चुना। रणबीर कपूर बने हैं भगवान राम, यश निभा रहे रावण का रोलफिल्म 'रामायण' में बॉलीवुड और साउथ सिनेमा के बड़े कलाकार एक साथ नजर आने वाले हैं। रणबीर कपूर फिल्म में भगवान राम की भूमिका में हैं, जबकि साई पल्लवी माता सीता का किरदार निभा रही हैं। साउथ सुपरस्टार यश इस फिल्म में रावण के रोल में दिखेंगे। इसके अलावा सनी देओल हनुमान की भूमिका में हैं, जबकि रवि दुबे लक्ष्मण के किरदार में नजर आएंगे। फिल्म में अरुण गोविल, लारा दत्ता, रकुल प्रीत सिंह, विवेक ओबेरॉय और कुणाल कपूर भी अहम भूमिकाओं में शामिल हैं। ऑस्कर विनर्स एआर रहमान और हैंस जिमर दे रहे म्यूजिकफिल्म के संगीत को लेकर भी काफी समय से चर्चा बनी हुई है। इस फिल्म में दो दिग्गज म्यूजिशियन एआर रहमान और ऑस्कर विजेता हैंस जिमर पहली बार एक साथ मिलकर बैकग्राउंड स्कोर और संगीत तैयार कर रहे हैं। फिल्म का निर्माण नमित मल्होत्रा के प्राइम फोकस स्टूडियोज और एक्टर यश के मॉन्स्टर माइंड क्रिएशंस के तहत किया जा रहा है। इस ग्रैंड प्रोजेक्ट को दो भागों में बनाया जा रहा है, जिसका पहला पार्ट नवंबर 2026 में दिवाली के मौके पर सिनेमाघरों में रिलीज होगा। 4000 करोड़ के बजट में बन रही देश की सबसे महंगी फिल्म'दंगल' जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्म बना चुके डायरेक्टर नितेश तिवारी पिछले कई सालों से इस प्रोजेक्ट पर काम कर रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, दो भागों में बनने वाली इस फिल्म का कुल बजट 4000 करोड़ रुपए के करीब है, जो इसे भारतीय सिनेमा के इतिहास की सबसे महंगी फिल्म बनाता है। फिल्म के विजुअल इफेक्ट्स (VFX) की जिम्मेदारी ऑस्कर विनिंग कंपनी DNEG संभाल रही है। फिल्म के पहले पार्ट की शूटिंग पूरी हो चुकी है और इस समय इसके पोस्ट-प्रोडक्शन का काम तेजी से चल रहा है। फिल्म 'रामायण' से जुड़ी अहम बातें-
हरियाणवी सॉन्ग बैरण से बिलबोर्ड तक पहुंच बनाने वाले सुमित-अनुज का नया सॉन्ग 'बरसात' अब हॉलीवुड तक पहुंच गया है। रिलीज होने के 20 दिनों के भीतर ही इसे हॉलीवुड फ्रेंचाइजी स्पाइडर मैन के लिए सिलेक्ट कर लिया गया। इस सीरिज की नई फिल्म 'स्पाइडर-मैन: ब्रांड न्यू डे' के लिए बरसात को इंडिया कैंपेन के लिए चुना गया है। 28 जुलाई को इस सॉन्ग की प्रमोशनल वीडियो भी रिलीज की गई। सॉन्ग में अभिनेता पीटर पार्कर की इमोशनल लव स्टोरी भी दिखाई गई। सिंगर्स का दावा है कि किसी हॉलीवुड स्टूडियो की फिल्म में चुने जाने वाला ये पहला हरियाणवी सॉन्ग है। दो दिन पहले रिलीज हुए इस सॉन्ग को 35 लाख से भी अधिक बार देखा जा चुका है। फिल्म में कैसे चुना गया ‘बरसात’ सॉन्ग फिल्म से कैसे जुड़ा सॉन्ग 'बरसात' 9 जुलाई को सोनी म्यूजिक इंडिया के साथ रिलीज हुआ था। रिलीज के साथ ही सॉन्ग तेजी से लोकप्रिय हुआ। इसके इमोशनल लिरिक्स और म्यूजिक को दर्शकों ने खूब पसंद किया। बाद में इसी सॉन्ग का स्पेशल मेल प्रमोशनल वर्जन तैयार किया गया, जिसे स्पाइडर-मैन के इंडियन प्रमोशन कैंपेन के लिए चुना गया। इसके बाद फिल्म के प्रमोशन के लिए बरसात का वीडियो 28 जुलाई को रिलीज किया गया। इसमें पीटर पार्कर और एमजे के रिश्ते की इमोशनल स्टोरी दिखाई गई है। इस प्रमोशनल सॉन्ग को बंजारे ने अपने ऑफिशियल सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी शेयर किया। हॉलीवुड फिल्म में पहला हरियाणवी सॉन्ग मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, बरसात को पहला हरियाणवी सॉन्ग माना जा रहा है, जो हॉलीवुड स्टूडियो की फिल्म के इंडियन प्रमोशन कैंपेन में शामिल किया गया है। इसे सिर्फ बंजारे की सफलता नहीं, बल्कि हरियाणवी म्यूजिक और लैंग्वेज की ग्लोबल पहचान के रूप में भी देखा जा रहा है। रीजनल आर्टिस्ट्स के लिए खुलेगा नया रास्ता सिंगर सुमित और अजय ने दैनिक भास्कर से बातचीत करते हुए बताया कि ये सॉन्ग सिर्फ एक लव एंगल नहीं है। जब इसे फिल्म के प्रमोशन के रूप में चुना गया तो सबसे पहले अपने गांव, परिवार और हरियाणा की याद आई। उन्होंने कहा- एक ऐसा म्यूजिक बनाना है, जो लोगों के दिलों तक पहुंचे। हमारा सॉन्ग हरियाणवी लैंग्वेज को दुनिया के सबसे बड़े फिल्म प्लेटफॉर्म तक पहुंचाने का जरिया बना है तो इससे बड़ी उपलब्धि कोई नहीं। सुमित और अनुज के बारे में जानिए…. सुमित के पिता PTI, भाई असिस्टेंट प्रोफेसर सुमित का जन्म 20 अप्रैल 1998 में हुआ। उनके पिता सत्यवान PTI टीचर हैं। उन्होंने अंबाला पॉलिटेक्निक से मैकेनिकल ट्रेड में कोर्स किया। उसके बाद हिसार एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी से एग्रीकल्चर में बीटेक की। सुमित भी गाने के साथ म्यूजिक कंपोज करते हैं। उनका छोटा भाई असिस्टेंट प्रोफसर है। अनुज के पिता JBT टीचर अनुज का जन्म 30 अगस्त 2002 को हुआ। इनके पिता राजेंद्र सिंह JBT टीचर हैं। अनुज की एक बड़ी बहन भी है। उन्होंने JRF क्वालीफाई किया हुआ है। अनुज जब तीसरी क्लास में थे तो उन्होंने स्टेज पर ‘यशोमती मैया से बोले नंदलाला’ भजन गया था। इसके बाद स्कूल टाइम में वह अलग-अलग प्रोग्रामों में हिस्सा लेने लगे। अनुज ने आठवीं क्लास में म्यूजिक में करियर बनाने की ठान ली। सरकारी नौकरी की कोशिश की अनुज बताते हैं कि उन्हें सिंगर बनना था। तब परिवार ने कहा कि पढ़ाई बेहद जरूरी है। इसलिए वे उन्होंने पॉलिटिकल साइंस में MA की। इसके बाद नेट का एग्जाम भी क्रैक किया। सरकारी नौकरी की कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद म्यूजिक में ही अपना करियर बनाने की ठान ली। पहले गाने के 40 हजार दिए, पसंद नहीं आया सुमित ने बताया कि उन्होंने 2019 में एक गाना लिखा था। वे अपने पहले गाने को कंपोज कराना चाहते थे, इसलिए उन्होंने अपने परिवार से 40 हजार रुपए मांगे। उन्होंने हिसार में एक म्यूजिक प्रोड्यूसर से गाना तैयार करवाया, लेकिन उन्हें म्यूजिक पसंद नहीं आया। वे चाहते थे कि उनके लिरिक्स हर दिल तक पहुंचें। वे अपनी भावना को म्यूजिक प्रोड्यूसर तक ठीक से नहीं पहुंचा पाए, जिसकी वजह से मिस कम्युनिकेशन हुआ और गाना बेहतरीन नहीं बन पाया। इसके बाद 5 और गाने रिलीज किए, लेकिन सफलता नहीं मिली। 28 नवंबर 2024 को पहला गाना रिलीज किया सुमित ने बताया कि 2024 में उन्होंने यूट्यूब पर बंजारा के नाम से चैनल बनाया। इसी ऑफिशल चैनल से अपने गाने रिलीज करने शुरू कर दिए। 28 नवंबर 2024 में 'सूट्स विद मी' पहला गाना रिलीज किया। उसके बाद उन्होंने दूसरा गाना 'डिफरेंट टॉक', आशिक आवारा, मौज, हाय रै और छठा गाना बैरण रिलीज किया। बैरण गाना लिखने से लेकर एनिमेटेड वीडियो रिलीज करने में डेढ़ साल का समय लगा। उन्होंने बार-बार इसके लिरिक्स बदले। --------------- यह खबर भी पढ़ें… बिलबोर्ड पर छाए हरियाणवी सिंगर भाइयों की कहानी:बैरण सॉन्ग में एनिमेटेड लव स्टोरी दिखाई; कोरोना में गाना शुरू किया, अब मुंबई से ऑफर हरियाणा में भिवानी जिले का गांव संडवा। इस गांव के रहने वाले दो चचेरे भाई सुमित और अनुज पूरे भारत में छाए हुए हैं। वजह- इनका नया हरियाणवी गाना बैरण। इस गाने में अनुज ने अपनी आवाज दी है, जबकि सुमित ने म्यूजिक कंपोज किया। (पूरी खबर पढ़ें)
भोपाल से मुंबई तक अन्नू कपूर का सफर संघर्षों से भरा रहा। आर्थिक तंगी के कारण उन्हें पढ़ाई छोड़नी पड़ी। परिवार चलाने के लिए उन्होंने चाय बेची, चाट का ठेला लगाया, लॉटरी टिकट बेचे और ऑटो रिक्शा चलाया। गरीबी ने उनका आईएएस बनने का सपना छीन लिया, लेकिन अभिनय ने नई पहचान दिलाई। जेब में सिर्फ 419 रुपए 25 पैसे लेकर मुंबई पहुंचे अन्नू कपूर को चेहरे की वजह से रिजेक्ट किया गया, लेकिन अपनी प्रतिभा के दम पर उन्होंने राष्ट्रीय पुरस्कार जीतकर साबित किया कि असली हीरो चेहरा नहीं, हुनर होता है। आज की सक्सेस स्टोरी में जानते हैं अन्नू कपूर के करियर और निजी जीवन से जुड़ी बातें… गरीबी ने छीन लिया आईएएस बनने का सपना 20 फरवरी 1956 को भोपाल के एक साधारण परिवार में जन्मे अन्नू कपूर का बचपन आर्थिक परेशानियों में बीता। उनके पिता मदनलाल कपूर पारसी थिएटर चलाते थे, जबकि मां कमल शबनम क्लासिकल गायिका और शिक्षिका थीं। घर में कला का माहौल था, लेकिन आर्थिक स्थिति इतनी कमजोर थी कि दो वक्त की रोटी जुटाना भी मुश्किल हो जाता था। अन्नू कपूर पढ़ाई में अच्छे थे और उनका सपना आईएएस अधिकारी बनने का था, लेकिन परिवार की हालत ने उन्हें यह सपना छोड़ने पर मजबूर कर दिया। परिवार चलाने के लिए किया हर छोटा-बड़ा काम जब घर की जिम्मेदारी आई तो उन्होंने कोई काम छोटा नहीं समझा। एक इंटरव्यू में अन्नू कपूर ने कहा था, मैंने अपनी जिंदगी चलाने के लिए चाय बेची, फ्राइड फूड का स्टॉल लगाया। कठिनाइयां मेरे जीवन में नई नहीं थीं। समस्याओं को तो मैंने बचपन से जिया है। चाय बेचने के अलावा उन्होंने चाट का ठेला लगाया, लॉटरी टिकट बेचे और ऑटो रिक्शा चलाया। उस समय उनके लिए सबसे जरूरी था कि किसी तरह परिवार का खर्च चलता रहे। लेकिन मुश्किलों के बीच अभिनय का सपना कभी खत्म नहीं हुआ। थिएटर बना जिंदगी बदलने का रास्ता बचपन से घर में थिएटर का माहौल था। पिता मंच पर अभिनय करते थे, इसलिए अन्नू कपूर का झुकाव रंगमंच की ओर बढ़ा। उन्होंने राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय (NSD) में दाखिला लिया। यहीं से उनकी अभिनय यात्रा को दिशा मिली। हालांकि यहां भी उन्हें संघर्ष करना पड़ा। एक बार मशहूर थिएटर निर्देशक बैरी जॉन एक नाटक के लिए कलाकार चुन रहे थे। ऑडिशन में अन्नू कपूर सबसे ज्यादा अंक लेकर पहले स्थान पर रहे, लेकिन चेहरे को किरदार के लिए उपयुक्त नहीं मानने के कारण उन्हें रोल नहीं मिला। इस घटना ने उन्हें भीतर तक तोड़ दिया। बाद में अन्नू कपूर ने इस घटना को याद करते हुए कहा था, मैं सबसे ज्यादा अंक लेकर आया था, लेकिन मुझे कहा गया कि तुम्हारे पास उस किरदार वाला चेहरा नहीं है। उस दिन मैं मानसिक रूप से बहुत परेशान हुआ था।'' यही वह पल था, जब उन्होंने तय किया कि अब उन्हें चेहरे से नहीं, अभिनय से पहचान बनानी है। 70 साल के बूढ़े का किरदार बना टर्निंग पॉइंट एनएसडी के दिनों में अन्नू कपूर ने नाटक 'एक रुका हुआ फैसला' में 70 साल के बुजुर्ग का किरदार निभाया। तब उनकी उम्र करीब 25 साल थी, लेकिन अभिनय इतना प्रभावशाली था कि दर्शक उनकी असली उम्र का अंदाजा नहीं लगा पाए। संयोग से नाटक देखने निर्देशक श्याम बेनेगल भी पहुंचे थे। श्याम बेनेगल अन्नू कपूर की अदाकारी से प्रभावित हुए और उन्होंने उन्हें फिल्म 'मंडी' (1983) के लिए चुन लिया। यहीं से संघर्षरत थिएटर कलाकार के फिल्मी सफर की शुरुआत हुई। एनएसडी में अभिनय की बारीकियां सीखने के बाद अन्नू कपूर के सामने सवाल था- अब आगे क्या? थिएटर पहचान दे रहा था, लेकिन रोजी-रोटी नहीं। ऐसे में उन्होंने मुंबई का रुख किया, जहां लाखों लोग सपनों के साथ आते हैं और हजारों सपने टूट जाते हैं। जेब में सिर्फ 419 रुपए 25 पैसे लेकर पहुंचे मुंबई मुंबई आने का फैसला आसान नहीं था। जेब में महज 419 रुपए 25 पैसे थे। रहने का ठिकाना पक्का नहीं था और फिल्मों में काम मिलने की गारंटी भी नहीं थी। टाइम्स ऑफ इंडिया को दिए इंटरव्यू में अन्नू कपूर ने बताया था कि मुंबई आने के समय उनके पास सिर्फ 419.25 रुपए थे। उन्हें भरोसा था कि ईमानदारी से अभिनय करेंगे तो एक दिन पहचान जरूर मिलेगी। चेहरे की वजह से बार-बार हुए रिजेक्ट मुंबई पहुंचते ही उन्हें एहसास हुआ कि यहां सिर्फ अभिनय नहीं, चेहरा भी मायने रखता है। उस दौर में हिंदी फिल्मों में लंबे, गोरे और पारंपरिक हीरो जैसे दिखने वाले कलाकारों को प्राथमिकता मिलती थी। अन्नू कपूर इन मानकों पर फिट नहीं बैठते थे। रिजेक्शन लगातार मिल रहे थे, लेकिन उन्होंने तय कर लिया था कि अगर हीरो नहीं बन सकते, तो ऐसा अभिनेता बनेंगे जिसे लोग कभी भूल न सकें। श्याम बेनेगल ने बदली किस्मत एनएसडी के दौरान नाटक में उनका अभिनय देखकर निर्देशक श्याम बेनेगल पहले ही प्रभावित हो चुके थे। उन्होंने अन्नू कपूर को 1983 में फिल्म 'मंडी' में मौका दिया। रोल छोटा था, लेकिन इंडस्ट्री के बड़े निर्देशकों की नजर उन पर पड़ गई। इसके बाद उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा। धीरे-धीरे उन्होंने 'उत्सव', 'चमेली की शादी', 'मिस्टर इंडिया', 'तेजाब', 'राम लखन' जैसी फिल्मों में अलग-अलग किरदार निभाए। स्क्रीन पर उनकी मौजूदगी भले कुछ मिनटों की होती, लेकिन दर्शक उन्हें नजरअंदाज नहीं कर पाते थे। हर किरदार में अलग पहचान बनाई अन्नू कपूर ने खुद को किसी एक तरह के रोल तक सीमित नहीं रखा। उन्होंने कॉमिक, गंभीर, खलनायक और भावनात्मक सभी तरह के किरदार निभाए। उनकी खासियत रही कि वह अपने किरदार को अभिनय नहीं, जीते थे। फिल्म इंडस्ट्री में अक्सर कहा जाता है कि कोई रोल छोटा नहीं होता। अन्नू कपूर ने इसे अपने करियर से सच साबित किया। टीवी ने बना दिया घर-घर का चेहरा फिल्मों में काम मिल रहा था, लेकिन असली लोकप्रियता टीवी से मिली। 1993 में उन्होंने संगीत आधारित शो 'अंताक्षरी' होस्ट करना शुरू किया। उनका अंदाज अलग था। बेहतरीन हिंदी-उर्दू, हाजिरजवाबी, कविता, शायरी और संगीत ज्ञान ने उन्हें बाकी एंकरों से अलग बना दिया। धीरे-धीरे लोग शो से ज्यादा अन्नू कपूर को देखने लगे। रविवार की शाम 'अंताक्षरी' के समय परिवार टीवी के सामने बैठ जाता था। बच्चों से लेकर बुजुर्ग तक उनकी एंकरिंग के प्रशंसक बन गए। आज भी भारतीय टेलीविजन के लोकप्रिय होस्ट्स में अन्नू कपूर का नाम लिया जाता है। लेकिन इस शो से पहले साढ़े चार महीने तक अन्नू कपूर बेरोजगार रहे। जेब खाली थी और एक वक्त का खाना बचाने के लिए देर तक सोते थे। दैनिक भास्कर से खास बातचीत में उन्होंने उस दौर का जिक्र किया। साढ़े चार महीने ऐसा वक्त देखा, जब जेब में एक रुपया नहीं था अन्नू कपूर कहते हैं- मेरी जिंदगी में कई उतार-चढ़ाव आए, लेकिन 4 मई 1992 से शुरू हुआ साढ़े चार महीने का दौर मैं कभी नहीं भूल सकता। वो मेरी जिंदगी का सबसे मुश्किल समय था। मैं एक छोटे कमरे में रहता था, जिसका किराया सिर्फ एक हजार रुपए था। हालत ऐसी थी कि जेब में एक रुपए भी नहीं था। न कोई चेक था, न शूटिंग और न ही काम। पूरा दिन खाली गुजरता था। रात को दोस्तों के घर जाकर ताश खेलता था ताकि मन हल्का हो जाए। सुबह जानबूझकर देर से उठता था, क्योंकि देर से उठने पर सीधे लंच कर लेता था और एक वक्त का खाना बच जाता था। उस दौर ने मुझे अंदर तक झकझोर दिया था। ड्राइवर ने कहा- बुरे वक्त में छोड़कर गया तो पाप लगेगा उसी मुश्किल दौर में मेरे ड्राइवर केशव दत्त ने जो साथ दिया, उसे मैं कभी नहीं भूल सकता। मैंने उससे कहा था कि तू कहीं और नौकरी कर ले। मैं तुझे एचएलएल में एक बड़े अफसर के यहां लगवा देता हूं। वहां तुझे 750 रुपए की जगह 2000 रुपए तनख्वाह मिलेगी। उसने मेरी बात सुनकर कहा, सर, मैं ब्राह्मण हूं। अच्छे वक्त में आपको छोड़ दूं तो कोई बात नहीं, लेकिन बुरे वक्त में छोड़कर गया तो मुझे पाप लगेगा। अगर अभी आप तनख्वाह नहीं दे पा रहे हैं, तो भी मैं आपके साथ हूं। ऐसे वफादार लोग किस्मत वालों को ही मिलते हैं। 'अंताक्षरी' का पहला एपिसोड देखा और जिंदगी बदल गई करीब साढ़े चार महीने बाद दिल्ली में बनने वाली एक वीडियो फिल्म के लिए एक शख्स मुझे 5000 रुपए एडवांस देकर गया। इससे थोड़ी राहत मिली। लेकिन असली टर्निंग पॉइंट 3 सितंबर 1993 को आया। उस दिन मैं हमेशा की तरह दोस्त के घर ताश खेल रहा था। रात करीब आठ बजे दोस्त की पत्नी ने कहा, अरे अन्नू जी, आप टीवी पर दिख रहे हो। मैंने पलटकर देखा तो जी टीवी पर 'अंताक्षरी' का पहला एपिसोड चल रहा था, जिसे मैंने करीब डेढ़ महीने पहले शूट किया था। मैंने ताश के पत्ते नीचे रख दिए और पूरा शो देखा। शो खत्म होने के बाद दोस्त ने मुझसे कहा, पंडित की जुबान है, आज के बाद तुझे जिंदगी में कभी पीछे मुड़कर देखने की जरूरत नहीं पड़ेगी। उनकी बात सच साबित हुई। 'अंताक्षरी' ने मेरी जिंदगी बदल दी और उसके बाद मुझे फिर कभी वैसा संघर्ष नहीं करना पड़ा। स्टार नहीं, एक्टर कहलाना पसंद था जब कई कलाकार हीरो बनने की दौड़ में थे, तब अन्नू कपूर का नजरिया अलग था। उन्होंने एक इंटरव्यू में कहा था, मैं स्टार बनने नहीं आया था, मैं अभिनेता बनना चाहता था। स्टारडम कुछ समय का होता है, अभिनय हमेशा रहता है। यही सोच उनके पूरे करियर में दिखाई दी। उन्होंने कभी बड़े बैनर या बड़े रोल का इंतजार नहीं किया। जो किरदार मिला, उसे पूरी ईमानदारी से निभाया। 'विक्की डोनर' ने बदल दी करियर की तस्वीर करीब तीन दशक तक फिल्मों और टेलीविजन में काम करने के बाद 2012 में अन्नू कपूर के करियर का बड़ा टर्निंग पॉइंट आया। निर्देशक शुजीत सरकार की फिल्म 'विक्की डोनर' में उन्होंने डॉ. बलदेव चड्ढा का किरदार निभाया। फिल्म का विषय अलग था और अन्नू कपूर का अभिनय इसकी बड़ी ताकतों में से एक माना गया। उनकी कॉमिक टाइमिंग, पंजाबी लहजा और किरदार की ऊर्जा ने दर्शकों और समीक्षकों दोनों का दिल जीत लिया। इस भूमिका के लिए उन्हें सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेता का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार मिला। यह सम्मान उनके करीब तीन दशक के संघर्ष और मेहनत की पहचान बन गया। हर दौर में खुद को बदलते रहे अन्नू कपूर ने खुद को दोहराने के बजाय नए किरदार चुने। '7 खून माफ', 'ऐतराज', 'जॉली एलएलबी 2', 'ड्रीम गर्ल' जैसी फिल्मों में उन्होंने साबित किया कि उम्र बढ़ने के साथ उनका अभिनय और परिपक्व हुआ है। उन्होंने वेब प्लेटफॉर्म, रेडियो और टेलीविजन पर भी काम किया। रेडियो शो 'सुहाना सफर विद अन्नू कपूर' में हिंदी सिनेमा और संगीत की जानकारी ने श्रोताओं को प्रभावित किया। अभिनय के साथ उनकी भाषा, साहित्य और संगीत की समझ भी उनकी अलग पहचान बनी। एक किस्सा जिसने उनकी सोच बदल दी अन्नू कपूर अक्सर कहते हैं कि संघर्ष इंसान को मजबूत बनाता है। उन्होंने बताया कि गरीबी ने उन्हें सिखाया कि किसी भी काम को छोटा नहीं समझना चाहिए। एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा था,मैंने जिंदगी में कोई काम छोटा नहीं माना। जो काम ईमानदारी से किया जाए, वही इंसान को आगे ले जाता है। शोहरत मिली, लेकिन जमीन से जुड़े रहे सफलता मिलने के बाद भी अन्नू कपूर ने अपने संघर्ष के दिनों को नहीं भुलाया। वह बताते हैं कि एक समय घर चलाना मुश्किल था, लेकिन उन्होंने परिस्थितियों को कमजोरी नहीं बनने दिया। उनका मानना है कि कलाकार की सबसे बड़ी पूंजी उसका हुनर होता है, न कि चेहरा या स्टारडम। रिजेक्शन को बनाया ताकत अन्नू कपूर की कहानी उन लोगों के लिए सीख है जो एक-दो असफलताओं के बाद हार मान लेते हैं। उन्हें कई बार सिर्फ इसलिए काम नहीं मिला क्योंकि वे पारंपरिक फिल्मी हीरो जैसे नहीं दिखते थे। लेकिन उन्होंने अपनी कमी को ताकत बना लिया। आज बॉलीवुड में उनका नाम उन कलाकारों में लिया जाता है जो किसी भी किरदार को यादगार बना सकते हैं। ____________________________________________ पिछले हफ्ते की सक्सेस स्टोरी पढ़िए... हिट फिल्म के बाद भी 15 महीने बेरोजगार रहीं कृति:स्टारकिड्स ने छीने बड़े रोल, जिस किरदार पर सवाल उठे, उसी ने दिलाया नेशनल अवॉर्ड आज कृति सेनन बॉलीवुड की सफल अभिनेत्रियों में गिनी जाती हैं। उनके नाम नेशनल अवॉर्ड, कई सुपरहिट फिल्में और अपना प्रोडक्शन हाउस है। लेकिन इस मुकाम तक पहुंचने का रास्ता रिजेक्शन, अकेलेपन, तानों और आत्मविश्वास की लड़ाई से होकर गुजरा है।पूरी खबर पढ़ें..
डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर हर हफ्ते दर्शकों के लिए कुछ न कुछ नया परोसा जाता है, लेकिन जुलाई का यह आखिरी हफ्ता बिंज-वॉचर्स के लिए बेहद खास साबित होने वाला है। 27 जुलाई से 31 जुलाई 2026 के बीच अलग-अलग ओटीटी प्लेटफॉर्म्स पर रोमांच, हॉरर, ट्रू-क्राइम और एनिमेटेड पौराणिक गाथाओं का अनोखा संगम देखने को मिलेगा। अगर आप भी वीकेंड पर घर बैठे बेहतरीन फिल्मों और सीरीज का आनंद लेना चाहते हैं, तो अपनी वॉचलिस्ट में इन 6 बड़े प्रोजेक्ट्स को जरूर शामिल कर लें।'द डेविल वियर्स प्राडा 2' (JioHotstar - 29 जुलाई)फैशन और ग्लैमर की दुनिया का सबसे चर्चित नाम एक बार फिर स्क्रीन पर वापसी कर रहा है। 29 जुलाई को जियोहॉटस्टार पर रिलीज हो रही फिल्म 'द डेविल वियर्स प्राडा 2' में मेरिल स्ट्रीप और ऐनी हैथवे फिर से अपने प्रतिष्ठित किरदारों में नजर आएंगी। कहानी इस बार डिजिटल युग के प्रभाव और घटती कमाई के बीच मैगजीन 'रनवे' को बचाने के इर्द-गिर्द घूमती है। मिरांडा प्रीस्टली अपनी विरासत को बचाने की लड़ाई लड़ रही है, जबकि लंबे समय बाद एंडी सैक्स की वापसी पुराने रिश्तों, तल्खियों और नई चुनौतियों के साथ फैशन वर्ल्ड का एक नया ड्रामा पेश करती है।'द डेविल्स माउथ' (Prime Video - 29 जुलाई)एडवेंचर और थ्रिल पसंद करने वालों के लिए 29 जुलाई को अमेजन प्राइम वीडियो पर फिल्म 'द डेविल्स माउथ' आ रही है। यह कहानी पांच दोस्तों की है जो अपनी ग्रेजुएशन से ठीक पहले थाईलैंड की खूबसूरत वादियों में छुट्टियां मनाने जाते हैं। वहां एक रहस्यमयी समुद्री गुफा 'द डेविल्स माउथ' को एक्सप्लोर करने की उनकी उत्सुकता अचानक एक डरावने और जानलेवा जाल में बदल जाती है।'पैन एम 103 पर बमबारी' (Netflix - 30 जुलाई)सच्ची घटनाओं और इन्वेस्टिगेटिव थ्रिलर के शौकीनों के लिए 30 जुलाई को नेटफ्लिक्स पर 6 एपिसोड की लिमिटेड सीरीज 'पैन एम 103 पर बमबारी' आ रही है। यह सीरीज 1988 में स्कॉटलैंड के लॉकरबी में हुए दर्दनाक प्लेन क्रैश हादसे पर आधारित है, जिसमें 270 बेगुनाह लोगों ने अपनी जान गंवाई थी। सीरीज में एफबीआई और स्कॉटलैंड पुलिस की संयुक्त जांच तथा वैश्विक स्तर पर जुटाए गए सबूतों के जरिए इस बड़ी साजिश के पर्दाफाश की पूरी कहानी दिखाई गई है।'बैटमैन: केप्ड क्रूसेडर सीजन 2' (Prime Video - 31 जुलाई)सुपरहीरो बैटमैन के फैंस के लिए 31 जुलाई का दिन बेहद खास रहने वाला है। 'बैटमैन: केप्ड क्रूसेडर सीजन 2' अमेजन प्राइम वीडियो पर दस्तक दे रहा है। नए सीजन में गोथम सिटी के बड़े माफियाओं के पकड़े जाने के बाद अपराध की एक नई लहर शुरू होती है। ब्रूस वेन को नए दुश्मनों से शहर को बचाने के साथ-साथ अपने शुरुआती संघर्षों और पहचान को भी संभालना होगा।'द लेजेंड ऑफ कर्ण' (SonyLIV - 31 जुलाई)पौराणिक कथाओं में रुचि रखने वालों के लिए सोनी लिव 31 जुलाई को हिंदी एनिमेटेड सीरीज 'द लेजेंड ऑफ कर्ण' पेश कर रहा है। महाभारत के सबसे चर्चित और दानवीर योद्धा कर्ण के जन्म से लेकर उनके सारथी परिवार में पालन-पोषण, असाधारण धनुर्विद्या और समाज में मिली उपेक्षा तक के सफर को इसमें बड़े ही संवेदनशील और भव्य अंदाज में दिखाया गया है। यह सीरीज कर्ण के त्याग, निष्ठा और आत्म-सम्मान की जंग को बयां करती है।'बालन: द बॉय' (ZEE5 - 31 जुलाई)31 जुलाई को जी5 पर रिलीज हो रही मलयालम साइकोलॉजिकल थ्रिलर फिल्म 'बालन: द बॉय' सस्पेंस से भरी हुई है। यह एक ऐसे लड़के की कहानी है जिसकी मां उसे लगातार जगह और पहचान बदलकर पालती है, लेकिन कभी वजह नहीं बताती। जब मां अचानक गायब हो जाती है, तो बालन उसके अतीत के गहरे राज़ तलाशना शुरू करता है, जहां उसे कई चौंकाने वाली सच्चाइयों का सामना करना पड़ता है।
अभिनेत्री करिश्मा तन्ना और उनके पति वरुण बंगेरा माता-पिता बन गए हैं। 29 जुलाई को गुरु पूर्णिमा के दिन करिश्मा ने बेटे को जन्म दिया है। एक्ट्रेस ने सोशल मीडिया पर अपने नवजात शिशु के पैर की मोनोक्रोम फोटो शेयर करके यह जानकारी दी। करिश्मा और वरुण ने अपने संयुक्त बयान में इस बच्चे को जीवन का सबसे बड़ा आशीर्वाद बताया है। इस जानकारी के सामने आने के बाद फिल्म और टीवी इंडस्ट्री के सितारों के साथ फैंस भी इस कपल को शुभकामनाएं दे रहे हैं। इंस्टाग्राम पर शेयर की बेटे के पैर की फोटोकरिश्मा और वरुण ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर एक संयुक्त पोस्ट में बच्चे के आगमन का ऐलान किया। शेयर की गई फोटो में बच्चे के पैर में एक टैग लगा नजर आ रहा है, जिस पर लिखा है 'ही इज हियर' (वह आ गया है)। फोटो के साथ पोस्ट में लिखा था, यह एक लड़का है! करिश्मा और वरुण। हमारा सबसे बड़ा आशीर्वाद, 29 जुलाई 2026। इसके साथ ही कैप्शन में करिश्मा ने लिखा, गुरु पूर्णिमा के पवित्र दिन जन्म हुआ... हमारा सबसे बड़ा आशीर्वाद यहां है। हमारी दुनिया में स्वागत है छोटे बच्चे। स्मृति ईरानी और सोनू सूद समेत कई सितारों ने दी बधाईसोशल मीडिया पर करिश्मा और वरुण की इस पोस्ट के बाद बधाइयों का सिलसिला शुरू हो गया। पूर्व केंद्रीय मंत्री और अभिनेत्री स्मृति ईरानी ने कमेंट में लिखा, हार्दिक बधाई, भगवान भला करे। वहीं एक्टर सोनू सूद, खुशी कपूर, वामिका गब्बी, नेहा धूपिया, सोनल चौहान और कॉमेडियन कीकू शारदा ने भी कपल को कमेंट करके शुभकामनाएं दीं। फैंस भी लगातार इस पोस्ट पर रिएक्ट कर रहे हैं। देखें करिश्मा की प्रेग्नेंसी की तस्वीरें अप्रैल में दी थी प्रेग्नेंसी की जानकारीकरिश्मा तन्ना ने इसी साल अप्रैल के महीने में अपनी प्रेग्नेंसी की खबर साझा की थी। उस समय उन्होंने एक खास फोटो के साथ लिखा था कि अगस्त में उनके घर छोटा मेहमान आने वाला है। इसके बाद मई में करिश्मा की तुलू रीति-रिवाज से गोद भराई (बेबी शावर) की रस्म हुई थी। इस पारंपरिक कार्यक्रम की तस्वीरें और वीडियो भी करिश्मा ने सोशल मीडिया पर पोस्ट किए थे। 2022 में बिजनेसमैन वरुण बंगेरा से की थी शादीकरिश्मा तन्ना और वरुण बंगेरा की पहली मुलाकात साल 2021 में एक कॉमन फ्रेंड की पार्टी में हुई थी। इसके बाद दोनों ने एक-दूसरे को डेट करना शुरू किया। कुछ महीनों की डेटिंग के बाद दोनों ने सगाई कर ली और 5 फरवरी 2022 को मुंबई में शादी के बंधन में बंध गए। करिश्मा की शादी में हल्दी, मेहंदी और संगीत समेत तमाम रस्में पारंपरिक तरीके से हुई थीं, जिसमें टीवी और बॉलीवुड के कई कलाकार शामिल हुए थे। 'क्योंकि सास भी कभी बहू थी' से करियर की शुरुआतकरिश्मा तन्ना टीवी और ओटीटी इंडस्ट्री का जाना-पहचाना नाम हैं। उन्होंने साल 2001 में मशहूर टीवी शो 'क्योंकि सास भी कभी बहू थी' से अपने अभिनय करियर की शुरुआत की थी। इसके बाद वे 'नागिन 3', 'अदालत' और 'बालवीर' जैसे कई धारावाहिकों में नजर आईं। उन्होंने रियलिटी शो 'बिग बॉस 8' में हिस्सा लिया था और 'खतरों के खिलाड़ी 10' की विनर भी रहीं। फिल्म 'संजू' (2018) के अलावा उन्होंने 2023 में हंसल मेहता की नेटफ्लिक्स सीरीज 'स्कूप' में पत्रकार जागृति पाठक का मुख्य किरदार निभाया था, जिसके लिए उन्हें काफी सराहना मिली थी।
फिल्म इंडस्ट्री की चकाचौंध के पीछे कई बार कलाकारों को ऐसे भयानक अनुभवों से गुजरना पड़ता है, जिनके बारे में जानकर हर कोई हैरान रह जाता है। अब साउथ सिनेमा से लेकर बॉलीवुड तक अपनी खूबसूरती और बेहतरीन अदाकारी का जलवा बिखेरने वाली जानी-मानी अभिनेत्री काजल अग्रवाल ने अपने साथ हुई एक बेहद डरावनी और चौंकाने वाली घटना का खुलासा किया है। काजल ने हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान बताया कि किस तरह फिल्म की शूटिंग के दौरान एक असिस्टेंट डायरेक्टर ने सारी हदें पार करते हुए उनके प्राइवेट स्पेस में जबरन घुसपैठ की थी, जिससे वे बुरी तरह डर गई थीं और उनके हाथ-पैर कांपने लगे थे।बिना अनुमति कारवां में घुसा और उतार दी शर्टएबीपी न्यूज को दिए गए अपने एक इंटरव्यू में इस खौफनाक वाकये को याद करते हुए काजल अग्रवाल ने बताया कि कुछ समय पहले जब वे एक फिल्म की शूटिंग पूरी करने के बाद अपने कारवां यानी वैनिटी वैन में आराम कर रही थीं, तब यह घटना घटी। उस दौरान वे कारवां में बिल्कुल अकेली थीं, तभी फिल्म में बतौर असिस्टेंट डायरेक्टर काम करने वाला एक शख्स बिना किसी अनुमति के अचानक अंदर घुस आया। अभिनेत्री ने बताया कि उस व्यक्ति ने अंदर आते ही अपनी शर्ट उतार दी और अपनी छाती पर बने काजल के नाम के टैटू को उन्हें दिखाने लगा। अचानक हुई इस हरकत से काजल इतनी ज्यादा घबरा गईं कि उन्हें समझ नहीं आया कि वे क्या प्रतिक्रिया दें।एक्ट्रेस ने की फैन की दीवानगी की तारीफ, लेकिन व्यवहार को बताया गलतहालांकि काजल अग्रवाल ने इस बात को स्वीकार किया कि वे अपने फैंस के प्यार की इज्जत करती हैं और उन्हें इस बात की खुशी थी कि कोई उनका इतना बड़ा फैन था कि उसने उनके नाम का टैटू अपनी बॉडी पर गुदवाया था। लेकिन इसके साथ ही उन्होंने इस बात पर भी कड़ा जोर दिया कि किसी की भी दीवानगी का यह मतलब नहीं होता कि वह किसी महिला के प्राइवेट स्पेस यानी कारवां में बिना इजाजत घुस जाए। काजल ने दो टूक शब्दों में कहा कि कोई कितना भी बड़ा फैन क्यों न हो, ऐसा अनुचित व्यवहार कतई बर्दाश्त नहीं किया जा सकता है। घटना के तुरंत बाद अभिनेत्री ने उस शख्स को सख्त चेतावनी दी कि अगर उसने दोबारा ऐसी हरकत की तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी, जिसके बाद उन्होंने उसे वहां से बाहर भेज दिया।काजल अग्रवाल का शानदार फिल्मी सफरअपनी एक्टिंग और खूबसूरती से करोड़ों दिलों पर राज करने वाली काजल अग्रवाल ने अपने अभिनय करियर की शुरुआत साल 2004 में आई हिंदी फिल्म 'क्यों! हो गया ना' से एक छोटे से सपोर्टिंग रोल के साथ की थी। हालांकि उन्हें असली और ऐतिहासिक सफलता मशहूर निर्देशक एस. एस. राजामौली की साल 2009 में आई ब्लॉकबस्टर फिल्म 'मगधीरा' से मिली, जिसने उन्हें रातों-रात साउथ सिनेमा का सुपरस्टार बना दिया। इसके बाद उन्होंने 'डार्लिंग', 'मिस्टर परफेक्ट', 'बिजनेसमैन' और 'टेम्पर' जैसी कई सुपरहिट फिल्मों में काम किया। इसके अलावा बॉलीवुड में भी उन्होंने अजय देवगन के साथ फिल्म 'सिंघम' और अक्षय कुमार के साथ थ्रिलर फिल्म 'स्पेशल 26' जैसी बेहतरीन फिल्मों में काम कर अपनी एक अलग और मजबूत पहचान बनाई है।
बॉलीवुड के सुपरस्टार सलमान खान से जुड़ी एक बेहद दिलचस्प और बड़ी खबर सामने आ रही है। अमेज़ॅन प्राइम वीडियो पर प्रसारित होने वाला पॉपुलर रियलिटी शो 'अलायंस' इन दिनों अपने दिलचस्प मोड़ और फिनाले की ओर तेजी से बढ़ रहा है। इस शो में अभिनेता और निर्देशक सोहेल खान पहले से ही एक मजबूत कंटेस्टेंट के रूप में नजर आ रहे हैं, जो बतौर वाइल्ड कार्ड एंट्री इस शो में शामिल हुए थे। अब मनोरंजन जगत से सामने आ रही ताजा रिपोर्ट्स के मुताबिक, भाई सोहेल खान का उत्साह बढ़ाने और उनका हौसला मजबूत करने के लिए खुद सलमान खान इस रियलिटी शो के मंच पर नजर आने वाले हैं। फैंस के लिए यह किसी बड़े सरप्राइज से कम नहीं है क्योंकि यह पहला मौका होगा जब सलमान खान किसी शो में अपने परिवार के सदस्य का समर्थन करने के लिए खास मेहमान के तौर पर शिरकत करेंगे।सीमा सजदेह के बाहर होने के बाद इमोशनल हुए सोहेल खानआपको बता दें कि इस शो में सोहेल खान के साथ उनकी एक्स वाइफ सीमा सजदेह ने भी एंट्री ली थी, जिससे दर्शकों के बीच काफी चर्चाएं हुई थीं। हालांकि, हाल ही में सीमा सजदेह ने अपनी मर्जी से शो से बाहर होने का फैसला किया और उन्होंने होस्ट से उन्हें एलिमिनेट करने का अनुरोध किया था, जिसके बाद कुशाल टंडन ने डेजी शाह की जगह सीमा का नाम लेकर उन्हें शो से बाहर का रास्ता दिखा दिया। अपनी एक्स पत्नी के इस तरह शो से अचानक बाहर जाने के बाद सोहेल खान अंदर से काफी ज्यादा इमोशनल और आहत नजर आए थे। सीमा के जाने से उपजे इस भावनात्मक और कठिन हफ्ते के बाद अब भाई सलमान खान का साथ मिलने से सोहेल को खेल में एक नई मानसिक मजबूती मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।क्या होगी कुशाल टंडन और सलमान खान की आमने-सामने मुलाकात?पिंकविला की एक रिपोर्ट के अनुसार, सलमान खान इस रियलिटी शो में लगभग एक घंटे के लिए स्पेशल गेस्ट के रूप में आएंगे और भाई सोहेल खान का कॉन्फिडेंस बूस्ट करेंगे। इस संभावित मुलाकात को लेकर दर्शकों के मन में एक बड़ा सवाल यह भी उठ रहा है कि क्या सलमान खान की मुलाकात शो में मौजूद अन्य कंटेस्टेंट्स, विशेष तौर पर कुशाल टंडन से होगी या नहीं। गौरतलब है कि अतीत में जब कुशाल टंडन एक अन्य बड़े रियलिटी शो 'बिग बॉस' का हिस्सा बने थे, तब सलमान खान ने उनकी हरकतों पर उन्हें कड़ी फटकार लगाई थी। ऐसे में फैंस यह देखने के लिए बेहद उत्सुक हैं कि इस शो के सेट पर सलमान और कुशाल का आमना-सामना होता है या फिर दोनों भाइयों की मुलाकात को पूरी तरह से अलग और निजी रखा जाता है। कुणाल खेमू द्वारा होस्ट किए जाने वाले इस शो में अब मुकाबला बेहद रोमांचक हो चला है।
करिश्मा तन्ना के घर गूंजी किलकारी, टीवी एक्ट्रेस ने बेटे को दिया जन्म; शेयर की पहली झलक
बॉलीवुड और टीवी जगत की जानी-मानी अभिनेत्री करिश्मा तन्ना के घर से एक बेहद खुशी भरी खबर सामने आ रही है। अभिनेत्री करिश्मा तन्ना मां बन गई हैं और उन्होंने एक प्यारे से बेटे को जन्म दिया है। करिश्मा ने अपने जीवन के इस सबसे खूबसूरत और खास पल की जानकारी अपने तमाम फैंस, करीबियों और दोस्तों के साथ सोशल मीडिया के जरिए साझा की है। अभिनेत्री ने अपने पति वरुण बंगेरा के साथ मिलकर सोशल मीडिया पर एक बहुत ही प्यारी पोस्ट शेयर की है, जिसके बाद से ही उनके चाहने वालों में जश्न का माहौल है और बधाइयों का तांता लग गया है।सोशल मीडिया पर शेयर की न्यूबॉर्न बेबी की पहली झलककरिश्मा तन्ना ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक बेहद मनमोहक तस्वीर शेयर की है, जिसमें उनके नन्हे से बेटे के पैर की झलक दिखाई दे रही है। इस खूबसूरत फोटो के साथ एक छोटा सा मेडिकल टैग भी लटका हुआ है, जिस पर उनके बच्चे के इस दुनिया में आने का जिक्र है। इस तस्वीर को शेयर करते हुए करिश्मा तन्ना और उनके पति वरुण ने कैप्शन में लिखा है कि गुरु पूर्णिमा के इस बेहद पावन और पवित्र दिन पर उनका सबसे बड़ा आशीर्वाद इस दुनिया में आ चुका है। उन्होंने अपनी पोस्ट में लिखा है कि आज यानी 29 जुलाई 2026 को हमारे बेटे का इस खूबसूरत दुनिया में स्वागत है। करिश्मा और वरुण की इस दिल को छू लेने वाली पोस्ट पर फैंस अपना खूब प्यार लुटा रहे हैं।सेलेब्स ने दी बधाइयां, उमड़ी फैंस की शुभकामनाएंकरिश्मा तन्ना के मां बनने की खबर सामने आते ही सोशल मीडिया पर सेलिब्रिटीज और फैंस की प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई है। टीवी और फिल्म इंडस्ट्री के कई बड़े कलाकारों ने करिश्मा और वरुण को माता-पिता बनने पर दिल से बधाई दी है। अभिनेत्री और राजनेता स्मृति ईरानी, युवा स्टार खुशी कपूर, अभिनेत्री नेहा धूपिया, और अनुष्का रंजन सहित तमाम मशहूर हस्तियों ने करिश्मा की इस पोस्ट पर कमेंट कर उनके नन्हे राजकुमार का इस दुनिया में गर्मजोशी से स्वागत किया है। इसके अलावा फैंस भी लगातार कमेंट्स के जरिए नए मेहमान को ढेर सारा प्यार और आशीर्वाद दे रहे हैं।
असम में जारी भीषण बाढ़ के बीच बॉलीवुड अभिनेताओं ने मदद के हाथ बढ़ाए हैं। अभिनेता सलमान खान और अभिनेत्री आलिया भट्ट पीड़ितों की सहायता के लिए आगे आए हैं। सलमान खान ने अपनी चैरिटेबल संस्था 'बीइंग ह्यूमन' के जरिए बाढ़ प्रभावित इलाकों में बहु-स्तरीय राहत अभियान शुरू किया है। वहीं, आलिया भट्ट ने सोशल मीडिया पर अपील जारी कर देशवासियों से असम के बाढ़ पीड़ितों की मदद करने का अनुरोध किया है। असम में मानसून की भारी बारिश के चलते लाखों लोग प्रभावित हुए हैं। सलमान ने फैन क्लब के साथ मिलकर शुरू किया राहत कार्य मिड डे की रिपोर्ट के मुताबिक सलमान खान की संस्था 'बीइंग ह्यूमन' ने असम में जमीनी स्तर पर काम करने के लिए अपने स्थानीय फैन क्लब के साथ हाथ मिलाया है। अभियान के पहले चरण में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में तैयार भोजन के पैकेट और अन्य जरूरी सामान बांटे जा रहे हैं। राहत सामग्री में पीने का पानी, दवाइयां, सेनेटरी पैड्स और मच्छर भगाने वाली रिपेलेंट क्रीम शामिल हैं। आने वाले हफ्तों में इस अभियान के तहत सूखा राशन, अस्थायी आश्रय सामग्री और बाढ़ में क्षतिग्रस्त हुए स्कूलों व अस्पतालों के पुनर्निर्माण में मदद की जाएगी। 'हर साल आती है यह त्रासदी': आलिया भट्ट ने जताया दुखअभिनेत्री आलिया भट्ट ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर एक भावुक पोस्ट शेयर कर असम के हालात पर चिंता जताई। आलिया ने लिखा, इस समय देश के कई हिस्से बाढ़ से प्रभावित हैं, जिसमें असम सबसे ज्यादा मुश्किल दौर से गुजर रहा है। 60 से ज्यादा लोगों की जान जा चुकी है और लाखों लोग बेघर हो चुके हैं। परिवारों ने अपने घर, जमीन, मवेशी और अपनों को खो दिया है। उन्होंने आगे लिखा कि यह आपदा हर साल आती है, फिर भी लोग इसके लिए तैयार नहीं हो पाते। आलिया ने वादा किया कि वे जल्द ही मदद के लिए जमीनी संगठनों की जानकारी साझा करेंगी। आयुष्मान खुराना-ताहिरा कश्यप ने भी की मदद वहीं अभिनेता आयुष्मान खुराना और उनकी पत्नी ताहिरा कश्यप ने असम में जारी भीषण बाढ़ से प्रभावित लोगों की मदद के लिए हाथ बढ़ाया है। इस दंपति ने असम मुख्यमंत्री राहत कोष में आर्थिक योगदान दिया है, जिसका उपयोग बाढ़ पीड़ित परिवारों के राहत और पुनर्वास कार्यों में किया जाएगा। सामाजिक कार्यों में लगातार सक्रिय रहने वाले आयुष्मान और ताहिरा इससे पहले भी संकट के समय मदद के लिए आगे आते रहे हैं। कोविड-19 महामारी के दौरान उन्होंने महाराष्ट्र मुख्यमंत्री राहत कोष में योगदान दिया था, साथ ही कचरा बीनने वाली महिलाओं को सशक्त बनाने वाली दिल्ली की संस्था 'गुलमेहर' का भी समर्थन किया था। इसके अलावा, आयुष्मान यूनिसेफ (UNICEF) इंडिया के राष्ट्रीय एंबेसडर भी हैं और बच्चों के अधिकारों, शिक्षा व उनके कल्याण के लिए लगातार आवाज उठाते रहे हैं। असम में बिगड़े हालात, 75 से ज्यादा लोगों की मौतअसम में जुलाई के मध्य से मूसलाधार बारिश और ऊपरी इलाकों में जलस्तर बढ़ने के कारण बाढ़ की स्थिति बेहद गंभीर बनी हुई है। असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (ASDMA) के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, बाढ़ के चलते अब तक 75 से ज्यादा लोगों की जान जा चुकी है। राज्य के शिवसागर, चराइदेव, जोरहाट, गोलाघाट और नौगांव समेत कई जिले बाढ़ की चपेट में हैं। बाढ़ से 3 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित हैं और हजारों हेक्टेयर फसल जलमग्न हो चुकी है। ये खबर भी पढ़ें स्लम रिहैबिलिटेशन अथॉरिटी के ऑफिस पहुंचे सलमान खान:बुजुर्गों को चाबियां दीं, हाथ मिलाया, फिल्म मातृभूमि से जुड़ा सवाल करने से इनकार बॉलीवुड एक्टर सलमान खान शुक्रवार को SRA (स्लब रिहैबिलिटेशन अथॉरिटी) के दफ्तर पहुंचे, जहां उन्होंने कई बुजुर्गों को उनके सपनों के घर की चाबियां सौंपीं। एक्टर टाइट सिक्योरिटी के साथ पहुंचे थे, इसके बावजूद भीड़ ने उन्हें घेर लिया। सलमान खान के पर्सनल सिक्योरिटी हैड शेरा भी उनके साथ मौजूद रहे। सलमान ने वहां मौजूद बुजुर्ग महिलाओं को उनके घरों की चाबियां दीं और मुस्कुराते हुए हाथ मिलाया। पूरी खबर पढ़ें
बॉलीवुड एक्टर सनी देओल ने कहा- फिल्म में मैं किसी धर्म का चेहरा नहीं, बल्कि इंसानियत का चेहरा दिखाना चाहते हैं। फिल्म में दिखाया गया है कि हालात इंसान को तोड़ देते हैं, लेकिन अंत में जीत हमेशा इंसानियत की ही होती है। अंत में न कोई धर्म बचता है, न कोई मजहब... सबसे बड़ी चीज इंसानियत है और उससे भी बड़ी हमारी मां होती है। आज समाज में जिस तरह हर बात को धर्म और राजनीति से जोड़कर देखा जाता है, वे खुद को इससे हमेशा दूर रखते आए हैं। सनी ने कहा- मैं कभी ऐसी फिल्में नहीं करता जो लोगों को बांटती हों। लोग कई बार फिल्मों को अलग नजरिए से देखने लगते हैं, जबकि उनका उद्देश्य बिल्कुल अलग होता है। 'गदर' भी मेरे लिए कभी हिंदू-मुस्लिम फिल्म नहीं थी, वह एक परिवार और एक प्रेम कहानी थी। दरअसल, बॉलीवुड एक्टर सनी देओल, अपने बेटे करण देओल और निर्देशक राजकुमार संतोषी के साथ बुधवार को अपनी आगामी फिल्म 'बंटवारा 1947' के प्रमोशन के लिए जयपुर पहुंचे। इस दौरान तीनों दैनिक भास्कर कार्यालय पहुंचे और फिल्म, अपने लंबे फिल्मी सफर, भारत-पाक विभाजन, इंसानियत, समाज और सिनेमा की जिम्मेदारी पर खुलकर बातचीत की। यह पार्टिशन फिल्म जरूर है, लेकिन फैसला नहीं सुनाती सनी देओल ने कहा- फिल्म भारत के विभाजन की पृष्ठभूमि पर बनी जरूर है, लेकिन यह तय नहीं करती कि कौन सही था और कौन गलत। यह कहानी रिश्तों के टूटने और फिर जुड़ने की है। भटका हुआ इंसान सही रास्ते पर लौटता है। युवा इस फिल्म को देखेंगे तो उन्हें जिंदगी की कई ऐसी बातें समझ आएंगी, जो शायद आज उन्हें दिखाई नहीं देतीं। सिनेमा समाज को दिशा देने का माध्यम भी है। हमने हमेशा कोशिश की है कि फिल्मों के जरिए समाज को कुछ लौटाया जाए। 'बंटवारा 1947' भी ऐसी ही फिल्म है। दर्शक जब थिएटर से बाहर निकलेंगे तो उनके दिल में सबसे पहले मां के लिए सम्मान और इंसानियत का भाव होगा। सनी देओल ने बताया- पंजाब के गांवों में बचपन बिताने के दौरान उन्होंने विभाजन की अनेक सच्ची कहानियां सुनीं। लोग मारने वालों की बातें करते हैं, लेकिन जिन्होंने अपनी जान जोखिम में डालकर दूसरे धर्म के लोगों को बचाया, उनकी कहानियां कम सुनाई जाती हैं। हमारी फिल्म उन्हीं इंसानों को सलाम करती है। मां की सेवा सबसे बड़ा कर्म है सनी देओल ने भावुक होते हुए कहा- फिल्म का सबसे बड़ा संदेश मां और मानवता है। मैं पूरे विश्वास के साथ कह सकता हूं कि यह फिल्म किसी को निराश नहीं करेगी। इसमें मनोरंजन है, एक्शन है, लेकिन उससे कहीं ज्यादा एक मजबूत संदेश है। मां की सेवा से बड़ा कोई कर्म नहीं और मानवता से बड़ा कोई धर्म नहीं। फिल्म का एक संवाद है, 'कोई मजहब बुरा नहीं होता, अच्छा-बुरा इंसान होता है।' यही इस फिल्म का सार है। राजस्थान से मेरा रिश्ता बहुत पुराना है राजस्थान से अपने लगाव का जिक्र करते हुए सनी देओल ने कहा- रिश्ता बचपन से इस प्रदेश से जुड़ा है। पापा (धर्मेंद्र) के साथ बचपन से यहां आता रहा हूं। यहां कई फिल्मों की शूटिंग की है। मौका मिलता है तो राजस्थान की सड़कों और गांवों में खुद गाड़ी चलाकर घूमने निकल जाता हूं। यहां एक अलग ही शांति और खुलापन महसूस होता है। राजस्थान मेरे सबसे पसंदीदा राज्यों में से एक है। 'सिकंदर मिर्जा मेरा सबसे ताकतवर किरदार है' निर्देशक राजकुमार संतोषी ने कहा- 'बंटवारा 1947' का नायक सिकंदर मिर्जा उनके अब तक लिखे गए सबसे सशक्त किरदारों में से एक है। सुपरमैन वह नहीं जो आसमान में उड़ता है। असली सुपरमैन वह है, जो नफरत और सांप्रदायिकता के सामने खड़ा होने की हिम्मत रखता है। सिकंदर मिर्जा ऐसा ही इंसान है। यह किरदार अपने लिए नहीं, बल्कि दूसरों के अधिकार और सम्मान के लिए लड़ता है। दूसरे का दर्द महसूस करना ही असली इंसानियत है। सिकंदर मिर्जा वही करता है। वह नफरत के माहौल में भी अपने जमीर को मरने नहीं देता। 'दामिनी' के गुस्से से लेकर 'बंटवारा' की संवेदना तक संतोषी ने बताया- मेरी फिल्मों में समाज के प्रति गुस्सा हमेशा निजी अनुभवों से आया है। उन्होंने याद किया कि उनकी मां और दादी सालों तक अदालतों के चक्कर लगाती रहीं। वहीं से 'दामिनी' जैसी फिल्मों की संवेदनाएं पैदा हुईं। बंटवारा 1947 फिल्म में भी दर्द है, लेकिन यहां संघर्ष केवल बाहरी नहीं, भीतर का भी है। आदमी परिस्थितियों से भी लड़ता है और अपने जमीर को बचाने की लड़ाई भी लड़ता है। राजकुमार संतोषी ने सनी देओल की अभिनय शैली की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि सनी अभिनय नहीं करते, किरदार को जी लेते हैं। 'घातक', 'दामिनी', 'घायल' के संवाद आज भी इसलिए याद हैं क्योंकि उन्होंने उन्हें पूरी सच्चाई और विश्वास के साथ बोला। 'बंटवारा 1947' में भी सनी देओल ने सिकंदर मिर्जा के किरदार को पूरी ईमानदारी से जिया है। मैंने उन्हें कहा था कि यह आपकी सामान्य एक्शन फिल्म नहीं है। यह परिवार, मां-बेटे, पति-पत्नी और इंसानियत के रिश्तों की फिल्म है। उन्होंने बिना एक पल सोचे इसे स्वीकार कर लिया। पिता के सामने अभिनय नहीं, भावनाएं खुद निकल आईंफिल्म में सनी देओल के बेटे का किरदार निभा रहे करण देओल ने कहा कि यह उनके लिए अभिनय से कहीं बढ़कर अनुभव था। स्क्रीन पर मेरे सामने मेरे असली पिता थे। भावनात्मक दृश्यों में अभिनय करने की जरूरत ही नहीं पड़ी। कई सीन में हम दोनों सचमुच भावुक हो गए। राज सर और आमिर सर ने मुझ पर भरोसा किया, यह मेरे लिए बहुत बड़ी बात है।
आम्रपाली दुबे ने शेयर किया पुराना टीवी शो क्लिप
मुंबई, टेलीविजन इंडस्ट्री से अपने करियर की शुरुआत करने वाली अभिनेत्री आम्रपाली दुबे भोजपुरी सिनेमा की लोकप्रिय अभिनेत्रियों में शुमार हैं।
'मैं रो पड़ी थी, मेहनत के बाद भी शरीर साथ नहीं दे रहा था': मनीषा कोइराला
मुंबई, बॉलीवुड अभिनेत्री मनीषा कोइराला ने अपनी जिंदगी से जुड़ा खास अनुभव साझा किया है।
'आर्यभट्ट का जीरो' का ट्रेलर रिलीज
मुंबई, अभिनेता हिमांश कोहली की हिंदी ड्रामा-कॉमेडी फिल्म 'आर्यभट्ट का जीरो' के मेकर्स ने बुधवार को फिल्म का ट्रेलर रिलीज कर दिया है।
विवाद के बीच कंगना रनौत ने एक और वीडियो किया जारी, मीडिया पर लगाया 'टारगेट' करने का आरोप
अभिनेत्री और सांसद कंगना रनौत के हालिया छात्र विरोध प्रदर्शन संबंधी बयान पर विवाद बढ़ता जा रहा है। इस बीच कंगना ने एक वीडियो जारी कर अपनी सफाई दी है। उन्होंने कहा कि उन्होंने केवल कुछ प्रदर्शनकारियों के व्यवहार पर आपत्ति जताई थी। उनके मुताबिक, बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं के सामने सड़क पर अशोभनीय भाषा और हरकतों को सामान्य नहीं माना जा सकता। उन्होंने मीडिया पर भी निशाना साधते हुए कहा कि उनके बयान के एक हिस्से को दिखाया जा रहा है, जबकि उन्होंने कई मौकों पर युवाओं और छात्रों की तारीफ भी की है।
संजय दत्त के 67वें जन्मदिन पर बोलीं बहन प्रिया
मुंबई, बॉलीवुड के दमदार अभिनेता संजय दत्त बुधवार को अपना 67वां जन्मदिन मना रहे है।
तारक मेहता का उल्टा चश्मा के 18 साल पूरे होने पर असित मोदी और कास्ट ने साझा किए शो के अनसुने किस्से
मुंबई, 'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' के 18 साल पूरे होने पर मंगलवार असित मोदी ने जेठालाल, बबीता जी और पूरी टीम के साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस में बात की।
टेलीविजन इंडस्ट्री की दुनिया से एक बेहद सनसनीखेज और झकझोर देने वाली खबर सामने आ रही है। अपने चार्म, बेहतरीन अभिनय और संजीदा अंदाज के लिए घर-घर में अपनी खास पहचान बनाने वाले लोकप्रिय अभिनेता हर्षद चोपड़ा ने रियलिटी शो 'लॉक अप सीजन 2' (Lock Upp 2) के मंच पर एक ऐसा दिल दहला देने वाला राज खोला है, जिसे सुनकर पूरा देश स्तब्ध रह गया है। शो के दौरान कैमरे के सामने खुलकर बात करते हुए हर्षद ने अपनी जिंदगी के सबसे काले और डरावने दौर का जिक्र किया। अभिनेता ने नम आंखों से खुलासा किया कि जब वे महज 9 साल के थे, तब उनके साथ यौन शोषण (Child Abuse) जैसी बेहद खौफनाक घटना हुई थी, जिसका गहरा जख्म उनके दिलो-दिमाग पर आज भी ताजा है।माता-पिता के नाम दिया कड़ा संदेश, बच्चों की सुरक्षा पर उठाई गंभीर आवाजइस गंभीर और संवेदनशील मुद्दे पर बात करते हुए हर्षद चोपड़ा ने सिर्फ अपनी आपबीती साझा नहीं की, बल्कि देश के सभी माता-पिता और अभिभावकों से एक बेहद जरूरी और हाथ जोड़कर खास अपील भी की। उन्होंने कहा कि आज के दौर में पैरेंट्स को अपने बच्चों के साथ सिर्फ दोस्ताना रिश्ता ही नहीं रखना चाहिए, बल्कि उन्हें इस काबिल बनाना चाहिए कि वे अपने साथ होने वाली किसी भी गलत हरकत या असहज स्थिति को बिना किसी डर के अपने परिवार से साझा कर सकें। हर्षद ने बताया कि बचपन में हुई उस घटना के बाद उन्हें लंबे समय तक मानसिक तनाव और अकेलेपन से जूझना पड़ा था, लेकिन अब वक्त आ गया है कि समाज इस विषय पर खुलकर बात करे और चुप्पी तोड़े।शो के मंच पर पसरा सन्नाटा, फैंस और सेलेब्रिटीज दे रहे हैं समर्थनजैसे ही हर्षद चोपड़ा ने 'लॉक अप 2' के मंच पर अपनी जिंदगी के इस दर्दनाक सच का खुलासा किया, सेट पर मौजूद हर शख्स की आंखें नम हो गईं। शो के होस्ट और मेकर्स ने भी उनके इस साहस की जमकर सराहना की। सोशल मीडिया पर उनके इस बयान के सामने आने के बाद से फैंस और तमाम टेलीविजन कलाकार उनके समर्थन में उतर आए हैं और उनकी हिम्मत की दाद दे रहे हैं। मानसिक स्वास्थ्य और बाल सुरक्षा जैसे गंभीर विषयों पर एक लोकप्रिय अभिनेता द्वारा इस तरह खुलकर सामने आने से समाज में एक बड़ा और सकारात्मक संदेश गया है।
बॉलीवुड और राजनीति की दुनिया में अपने बेबाक बयानों के लिए हमेशा सुर्खियों में रहने वाली अभिनेत्री कंगना रनौत और ड्रामा क्वीन के नाम से मशहूर राखी सावंत के बीच एक बार फिर जुबानी जंग छिड़ गई है। हाल ही में कंगना रनौत द्वारा देश के युवाओं यानी 'Gen Z' (जेन जी) पीढ़ी को लेकर दिए गए एक विवादित बयान ने सोशल मीडिया पर भूचाल ला दिया है। कंगना के उस बयान पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए राखी सावंत ने उन पर जोरदार हमला बोला है। राखी ने अपने ही अंदाज में वीडियो जारी कर कंगना पर जमकर निशाना साधा और यहां तक कह दिया कि ऐसी भाषा बोलने वाले नेताओं को तो कुत्ता भी वोट नहीं देगा।क्या था कंगना रनौत का वो बयान जिस पर मचा है बवाल?कंगना रनौत ने हाल ही में देश के आधुनिक युवाओं और जेन जी जनरेशन के राजनीतिक रुख, खान-पान और लाइफस्टाइल को लेकर कुछ ऐसी टिप्पणियां कर दी थीं, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गईं। उनके इस बयान के बाद देश के युवाओं और कई राजनीतिक विश्लेषकों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई थी। आलोचकों का कहना था कि एक जनप्रतिनिधि या जिम्मेदार शख्सियत को इस तरह की भाषा का इस्तेमाल करने से बचना चाहिए। इसी कड़ी में जब राखी सावंत ने कंगना का यह बयान सुना, तो वह खुद को रोक नहीं पाईं और सोशल मीडिया पर खुलकर कंगना के खिलाफ मैदान में उतर गईं।राखी सावंत ने वीडियो जारी कर याद दिलाया थप्पड़ कांडकंगना पर हमला बोलते हुए राखी सावंत ने तंज कसते हुए कहा कि लगता है वह सीआईएसएफ कर्मी द्वारा एयरपोर्ट पर पड़े थप्पड़ को भूल गई हैं और एक बार फिर अनाप-शनाप बयानबाजी कर रही हैं। राखी ने गुस्से में कहा कि देश का युवा जागरूक है और अपनी मेहनत के दम पर आगे बढ़ रहा है, ऐसे में उन्हें इस तरह से नीचा दिखाना बेहद शर्मनाक है। दोनों अभिनेत्रियों के बीच छिड़ी इस नई तकरार के बाद इंटरनेट पर एक बार फिर मीम्स और तीखे कमेंट्स का दौर शुरू हो गया है। इस बयानबाजी ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि जब भी कंगना रनौत कोई विवादित टिप्पणी करती हैं, तो इंडस्ट्री के दूसरे कलाकारों की प्रतिक्रिया आना लाजिमी हो जाता है।
थलापति विजय की फिल्म 'जन नायकन' पर बड़ी कार्रवाई: सिनेमाघरों में बच्चों के देखने पर लगी रोक
साउथ सिनेमा के सुपरस्टार और अपने राजनीतिक सफर की ओर कदम बढ़ा चुके थलापति विजय की फिल्मों का क्रेज फैंस के सिर चढ़कर बोलता है। उनकी फिल्मों की रिलीज किसी बड़े त्योहार से कम नहीं होती, लेकिन हाल ही में उनकी बहुचर्चित फिल्म 'जन नायकन' (Jan Nayagan) को लेकर एक हैरान करने वाली खबर सामने आई है। फिल्म की स्क्रीनिंग के दौरान सिनेमाघरों में उस वक्त अजीबोगरीब स्थिति पैदा हो गई जब अचानक बच्चों द्वारा फिल्म देखने पर आपत्ति जताते हुए इसकी स्क्रीनिंग रोक दी गई। इस अप्रत्याशित फैसले के बाद कई सिनेमाघरों में लगातार शोज कैंसिल करने पड़े, जिससे थलापति विजय के फैंस में भारी गुस्सा और निराशा देखने को मिल रही है।क्या है पूरा मामला और क्यों रोकनी पड़ी फिल्म की स्क्रीनिंग?प्राप्त जानकारी के अनुसार, फिल्म के कुछ दृश्यों, सेंसर बोर्ड के दिशा-निर्देशों या आयु वर्ग (Age Rating) के नियमों को लेकर स्थानीय स्तर पर विवाद खड़ा हो गया था। जब सिनेमाघरों में छोटे बच्चों और परिवारों को फिल्म देखते हुए पाया गया, तो तय नियमों और सुरक्षा मानकों का हवाला देते हुए अधिकारियों और थिएटर मैनेजमेंट ने तुरंत कड़ा कदम उठाया। बिना किसी पूर्व सूचना के अचानक शोज रोके जाने से थलापति विजय के जो फैंस सुबह-सुबह सिनेमाघरों के बाहर लंबी लाइनों में खड़े थे, उन्हें बैरंग वापस लौटना पड़ा। इस औचक रोक के बाद से सोशल मीडिया पर भी बहस छिड़ गई है कि आखिर अंतिम समय पर ऐसा प्रशासनिक या प्रबंधकीय निर्णय क्यों लेना पड़ा।फैंस में भारी निराशा, बॉक्स ऑफिस कलेक्शन पर भी पड़ सकता है असरथलापति विजय की फिल्मों का पहला हफ्ता बॉक्स ऑफिस पर कमाई के नए रिकॉर्ड बनाने के लिए जाना जाता है। ऐसे में अचानक शोज कैंसिल होने और स्क्रीनिंग रोके जाने की खबर से फिल्म के निर्माताओं और वितरकों (Distributors) को भी बड़ा झटका लगा है। सिनेमाघरों के बाहर टिकट रिफंड कराने के लिए दर्शकों की भारी भीड़ जमा हो गई। हालांकि, थिएटर प्रबंधन और फिल्म से जुड़े लोगों का कहना है कि नियमों का पालन करना सर्वोपरि है और स्थिति सामान्य होते ही शोज को सुचारू रूप से चलाने के प्रयास किए जा रहे हैं। बहरहाल, इस घटना ने एक बार फिर फिल्म सेंसरशिप और सिनेमाघरों में उम्र सीमा के नियमों को लेकर एक बड़ी बहस छेड़ दी है।
बचपन के जख्मों को याद कर भावुक हुए शिवांगी
मुंबई, पॉपुलर रियलिटी शो 'लॉक अप: सच या सजा' के हालिया एपिसोड में कंटेस्टेंट श्रेया कालरा, शिवांगी जोशी और हर्षद चोपड़ा ने अपने जीवन से जुड़े खुलासे किए, जिसने शो में मौजूद सभी को भावुक कर दिया।
विशाल ददलानी ने सोशल मीडिया पर जेन-जी प्रदर्शन का समर्थन किया है। हाल ही में भाजपा सांसद और अभिनेत्री कंगना रनोट ने छात्रों की भाषा शैली और सोशल मीडिया रील को ‘उल्टी आने जैसा’ बताया था। इसके जवाब में विशाल ददलानी ने कहा कि छात्रों की भाषा पर सवाल उठाने से पहले यह देखना चाहिए कि उनके साथ सड़क पर कैसा बर्ताव किया गया। विशाल ने आरोप लगाया कि छात्रों पर लाठियां बरसाई गईं, आंसू गैस के गोले दागे गए और पत्थरबाजी की गई। 'आपने बच्चों को सड़क पर पीटा, तो गालियां ही मिलेंगी'विशाल ददलानी ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक सख्त पोस्ट शेयर की। इसमें उन्होंने लिखा, खराब भाषा!? आपने सड़क पर बच्चों को पीटा। उन पर पत्थर फेंके और आरोप भी उन्हीं पर लगा दिया। उन पर गोलियां चलाईं, आंसू गैस के गोले छोड़े और पेलेट गन का इस्तेमाल किया। आपके भाड़े के गुंडे अभी भी उन्हें डरा रहे हैं और पीट रहे हैं। आपने ये गालियां खुद कमाई हैं मेरे दोस्त। विशाल ने अपने पोस्ट में हंसने वाला इमोजी लगाकर तंज भी कसा। पेड कैंपेन और इन्फ्लुएंसर पर उठाए सवालविशाल ददलानी ने युवाओं के खिलाफ चलाए जा रहे कैंपेन पर भी सवाल उठाए। उन्होंने लिखा कि युवा प्रदर्शनकारियों के खिलाफ माहौल बनाने के लिए पेड स्टोरी और इन्फ्लुएंसर के जरिए कैंपेन चलाए जा रहे हैं। विशाल के मुताबिक, इस तरह की हरकतों से अपनी बात सही साबित करने की कोशिश करना और ज्यादा दयनीय लगता है। विशाल से पहले कई अन्य हस्तियों ने भी छात्रों के साथ हुए पुलिस बर्ताव पर सवाल उठाए थे। कंगना ने नई जनरेशन की महिलाओं को कहा- गटर छाप इससे पहले सांसद और एक्ट्रेस कंगना रनोट ने नई पीढ़ी की भारतीय महिलाओं को गटर कहा। कंगना का कहना है कि ये महिलाएं स्वतंत्र महिलाओं की नकल उतारते हुए नशे करने, शराब पीने और अनगिनत आदमियों से यौन संबंध बनाने को स्वतंत्रता कहती हैं। कंगना ने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट के स्टोरी सेक्शन से लिखा है, 'सबसे शर्मनाक बात उन युवा हिंदू महिलाओं का व्यवहार है, जो स्वतंत्र और करियर बनाने वाली महिलाओं की जिंदगी की नकल करना चाहती हैं, लेकिन उस आजादी के साथ आने वाली जिम्मेदारियों को नहीं निभाना चाहतीं। असल में स्वतंत्र महिलाएं विद्रोही फैसले लेती हैं, बेबाक राय रखती हैं, परंपराओं से हटकर करियर चुनती हैं और अपने हर फैसले की पूरी जिम्मेदारी भी उठाती हैं। उन्हें अपने कर्मों की कीमत खुद चुकानी पड़ती है। वे अपने माता-पिता या परिवार की कीमत पर ऐसा नहीं करतीं।' आगे कंगना ने लिखा, 'आज तथाकथित वेस्टर्न सोच से प्रभावित भारतीय महिलाओं की एक नई पीढ़ी सामने आई है। मैं इन्हें 'गटर जेनरेशन' कहती हूं। इनमें से कुछ के पास समाज को देने के लिए कुछ भी नहीं है। वे पढ़ाई में अच्छी नहीं हैं, लेकिन इतनी बदसूरत सोच और भ्रष्ट मानसिकता रखती हैं कि अच्छी हाउसवाइफ भी नहीं बन सकतीं।' 'इसके बावजूद वे अपनी तथाकथित आजादी का दिखावा करती हैं, नशा, शराब और अनगिनत यौन संबंधों को अपनी आजादी बताती हैं। बेशर्मी से अपने माता-पिता की कमाई पर पलती हैं और लगातार स्वतंत्र जीवन जीने की बातें करती हैं, जबकि वास्तव में वे आत्मनिर्भर होती ही नहीं। एक छोटी-सी याद दिला दूं, आजाद जीवन कमाना पड़ता है। अगर बिना जिम्मेदारी उठाए स्वतंत्र बनने की कोशिश करोगे, तो तुम सिर्फ एक विकृत मानसिकता वाले इंसान हो, 'गटर छाप'।' स्टूडेंट प्रोटेस्ट पर कहा था- कैसी परवरिश हो रही है भाजपा सांसद और एक्ट्रेस कंगना रनोट ने सोमवार को स्टूडेंट प्रोटेस्ट पर भी विवादित राय दी और नई जनरेशन की परवरिश पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने सोशल मीडिया से लिखा, ‘अपनी पूरी जिंदगी में मैंने कभी इतनी बदसूरती एक साथ नहीं देखी। Gen Z के विरोध-प्रदर्शनों की ये रीलें देखकर घिन आती है। इन लोगों के बोलने का तरीका और जिस भाषा का ये इस्तेमाल कर रहे हैं, वैसा मैंने पहले कभी नहीं देखा। हर फ्रेम इतना अजीब और परेशान करने वाला है कि देखकर घिन होती है। आखिर इन्हें जन्म कौन दे रहा है और इनकी परवरिश कौन कर रहा है?’ स्टूडेंट प्रोटेस्ट के खिलाफ भी दिए कई बयान कंगना रनोट ने सोशल मीडिया के जरिए स्टूडेंट प्रोटेस्ट का जमकर विरोध किया था। उन्होंने कहा कि किसी को पद से हटाने या रखने के लिए सरकार पर दबाव बनाना गलत है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक मुद्दों पर बहस के लिए संसद सही जगह है, न कि आंदोलन। कंगना ने कहा था की ये सब जंतर-मंतर पर हुड़दंग कर रहे हैं, उत्पात मचा रहे हैं। जिस तरह से आंदोलन चल रहा है वो ठीक नहीं है। दरअसल दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) छात्रों की मांगों के समर्थन में कई दिनों से प्रदर्शन कर रही है। इसके बाद जब प्रोटेस्ट खत्म हुआ तो कंगना ने प्रदर्शनकारियों की भाषा की आलोचना की। जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के बाद शुरू हुआ विवादकॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के बैनर तले नीट-यूजी परीक्षा में कथित गड़बड़ी के खिलाफ छात्रों ने 20 जुलाई को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन किया था। संसद की तरफ मार्च के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प हुई थी। पुलिस के बल प्रयोग के बाद सोशल मीडिया पर कई वीडियो वायरल हुए थे। कंगना ने इन वीडियो में इस्तेमाल भाषा पर निशाना साधा था, जिसके बाद सोशल मीडिया यूजर्स और बॉलीवुड हस्तियों ने कंगना के बयान का विरोध किया और छात्रों के समर्थन में आवाज उठाई।
पॉपुलर सिंगर और रैपर बादशाह की शादी में अनबन चल रही है। उनकी शादी 5 महीने पहले ही पंजाबी एक्ट्रेस ईशा रिखी से हुई थी। मंगलवार को ईशा ने एक पोस्ट शेयर कर तलाक का हिंट दिया और कहा कि वो अब तक बादशाह के पावर के डर से चुप थीं। इसी बीच अब ईशा की मां और बादशाह की सास ने सोशल मीडिया पर लिखा है कि अगर तुम किसी का जीना मुश्किल करोगे, तो भगवान तुम्हारा मरना मुश्किल कर देंगे। ईशा रिखी की मां ने सोशल मीडिया पर लिखा है, 'कर्म लौटकर आते हैं। तुम किसी का जीना मुश्किल करोगे, भगवान तुम्हारा मरना मुश्किल करेंगे।' अगली पोस्ट में उन्होंने लिखा, 'कर्म कभी माफ नहीं करता। रुलाया है, तो रोना भी निश्चित है। कर्म से बड़ा कोई न्यायाधीश नहीं है। कर्म का लेखा कभी झूठा नहीं होता। कर्म समय आने पर न्याय जरूर करता है। बिना पक्षपात के ईश्वर तुम्हें शायद माफ भी कर दे, लेकिन तुम्हारे कर्म तुम्हें कभी माफ नहीं करेंगे।' बादशाह की पत्नी ईशा ने कहा- डर से चुप थी पूनम रिखी की ये पोस्ट तब सामने आई हैं, जब बादशाह की पत्नी ईशा ने मंगलवार को सोशल मीडिया से तलाक का हिंट देते हुए लिखा- कुछ लड़ाइयां ऐसी भी होती हैं, जिनके जख्म बाहर दिखाई नहीं देते। मैं बहुत लंबे समय तक चुप रही, क्योंकि मैं डरी हुई थी। मुझे लगता था कि मेरे पति के पास इतना इन्फ्लूएंस, पावर और रीसोर्स हैं कि उनके सामने मैं कुछ नहीं कर पाऊंगी। मैंने खुद को यही समझा लिया था कि चुप रहना ही मेरे लिए सबसे सुरक्षित रास्ता है। आगे ईशा ने लिखा है, ‘चुप्पी कभी स्वीकार नहीं की जाती, वह सिर्फ अपने अस्तित्व को बचाने की कोशिश थी। आज मैं डर नहीं, बल्कि हिम्मत को चुन रही हूं। शायद मैं अभी पूरी कहानी बताने के लिए तैयार नहीं हूं, लेकिन अब मैं यह दिखावा करना बंद करने के लिए तैयार हूं कि सब कुछ ठीक था।’ बादशाह के साथ शादी की तस्वीरें पोस्ट कीं, लिखा- तूफान एक सबक है इस क्रिप्टिक पोस्ट से कुछ दिन पहले ही ईशा ने बादशाह के साथ कुछ तस्वीरें और वीडियोज शेयर कर लिखा था, कुछ तूफान, सबक लेकर आता है और हर दुआ उम्मीद। ईशा की इस पोस्ट पर करीबी दोस्त जैस्मिन भसीन ने कमेंट कर उन्हें मजबूत बने रहने की सलाह दी थी। बता दें कि ईशा रिखी की पोस्ट सामने आने के बाद कई करीबी और दोस्त उनके समर्थन में पोस्ट शेयर कर रहे हैं। एक करीबी ने लिखा है, तुम जिस दौर से गुजर हो और अब भी गुजर रही हो, उसकी मैं गवाह हूं। मैं और तुम्हारे करीब रहने वाले बाकी लोग जानते हैं कि तुमने हर मुश्किल का सामना ईमानदारी, सच्चाई और पूरे आत्मसम्मान के साथ किया है। मजबूत बनी रहो, ईशा रिखी। हम तुम्हारे साथ हैं, और सच के साथ भी। वहीं एक ने लिखा, स्ट्रॉन्ग रहो, डर कर नहीं। एक करीबी ने लिखा, तुम बहुत स्ट्रॉन्ग और सुंदर हो। सोशल मीडिया के जरिए कन्फर्म की शादी सिंगर और रैपर बादशाह ने मार्च 2026 में ईशा से गुपचुप शादी की थी। इंटिमेट वेडिंग में कपल के करीबी ही शामिल हुए थे। बादशाह ने शादी को राज रखा, हालांकि ईशा रिखी ने सोशल मीडिया में रोमांटिक तस्वीर पोस्ट कर इस पर कन्फर्मेशन दी। वहीं ईशा ने एक फैन के सवाल का जवाब देते हुए बादशाह को पति देव कहा था। इससे पहले ईशा की मां ने उनकी और बादशाह की शादी की तस्वीरें पोस्ट कर दोनों को सोशल मीडिया पर शुभकामनाएं दी थीं। कौन हैं ईशा रिखी? तलाक के बाद बादशाह ने की ईशा से शादी बादशाह ने साल 2012 में जैस्मिन मसीह से शादी की थी। 2017 में बादशाह बेटी के पिता बने, लेकिन 3 साल बाद ही उनका तलाक हो गया। तलाक के 6 साल बाद बादशाह ने ईशा से दूसरी शादी की है। बादशाह ने फिलहाल कभी शादी पर बात नहीं की है।
रितेश ने अपूर्वा को 'देश की ड्यूटी' वाले अंदाज में किया अलविदा
मुंबई, अभिनेता रितेश देशमुख इन दिनों रियलिटी शो 'लॉक अप: सच या सजा' में होस्ट की भूमिका निभाते नजर आ रहे हैं।
टेलीविजन की पॉपुलर एक्ट्रेस श्वेता तिवारी के पूर्व पति राजा चौधरी ने उन पर कई अफेयर होने के संगीन आरोप लगाए हैं। राजा ने दावा किया है कि उनका कसौटी जिंदगी की एक्टर सेजान खान के साथ भी अफेयर था और एक्टर ने उनके सामने ये कबूल भी किया था। राजा चौधरी ने सिद्धार्थ कानन को दिए इंटरव्यू में कहा, ‘सिर्फ सेजान खान ही नहीं श्वेता के कई और लोगों के साथ भी अफेयर थे। मुझे लगता है कि उसका हर एक इंसान के साथ ही अफेयर था।’ आगे उन्होंने कहा, ‘जो मैंने उस समय देखा, उससे ये साबित भी हुआ। वो उसके (सेजान खान) के साथ काम कर रही थी, उसके घर में रह रही थी। हमारे एक कॉमन दोस्त के सामने उसने कन्फेस भी किया है कि वो उसके साथ यहां आती थी। यहां तक कि उसने (सेजान ने) मेरे सामने कबूल किया है कि हां हमारा अफेयर है, तेरे में हिम्मत है तो आ जा मेरे घर कोलीवाड़ा। मैंने उससे कहा कि क्या अब ये लड़ाई-झगड़े करने बैठूंगा तेरे साथ। अपना ही सिक्के में खोट है। लेकिन श्वेता ने कभी कबूल नहीं किया।’ बातचीत में राजा चौधरी ने ये भी दावा किया है कि कई बार वो श्वेता के टीवी शोज के सेट पर गए थे, तब वो सेट पर नहीं होती थीं और सेजान के साथ बाहर होती थीं। पूछने पर कहती थीं डबिंग है, लेकिन जब राजा ने डबिंग वालों से पूछा तो जवाब मिला कि कोई डबिंग नहीं चल रही। राजा ने ये भी दावा किया कि श्वेता लंबे समय तक रोड के किनारे सेजान के साथ कार में समय बिताती थीं। राजा चौधरी ने मारपीट के दावे को नकारा बातचीत में राजा चौधरी ने श्वेता तिवारी पर हाथ उठाने के दावों को सिरे से खारिज कर दिया। उनका कहना है कि गुस्से में उन्होंने गालियां दी हैं, सामान तोड़ा है, लेकिन कभी एक्ट्रेस पर हाथ नहीं उठाया। 1998 में परिवार के खिलाफ जाकर श्वेता ने की थी शादी श्वेता तिवारी ने 1998 में परिवार के खिलाफ जाकर राजा चौधरी से शादी की थी। तब वह महज 18 साल की थीं। शादी के बाद श्वेता तिवारी ने 2000 में बेटी पलक को जन्म दिया। इसी समय उन्होंने टीवी शो आने वाला पल से एक्टिंग करियर की शुरुआत की। उन्हें 2001 के शो कसौटी जिंदगी की से देशभर में पहचान मिली। श्वेता ने राजा के साथ रियलिटी शो नच बलिए में हिस्सा लिया था। कुछ समय बाद ही शादी के करीब 9 साल बाद, 2007 में श्वेता ने तलाक की अर्जी दी। उन्होंने आरोप लगाया था कि राजा चौधरी शराब पीते थे और उनके साथ मारपीट करते थे। श्वेता के मुताबिक, राजा अक्सर उनके शूटिंग सेट पर भी पहुंच जाते थे और उनके साथ बदसलूकी करते थे। दोनों का तलाक 2012 में हुआ। इसके बाद श्वेता तिवारी ने अभिनेता अभिनव कोहली को करीब तीन साल तक डेट करने के बाद 13 जुलाई 2013 को शादी की। 27 नवंबर 2016 को उनके बेटे रेयांश कोहली का जन्म हुआ। हालांकि, 2017 से ही दोनों के रिश्ते में अनबन की खबरें आने लगी थीं। अगस्त 2019 में श्वेता ने अभिनव कोहली के खिलाफ घरेलू हिंसा की शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने आरोप लगाया कि अभिनव उन्हें और उनकी बेटी पलक को परेशान करते थे। शिकायत के बाद पुलिस ने अभिनव को हिरासत में लिया। इसके बाद 2019 में दोनों अलग हो गए। वहीं दूसरी तरफ राजा चौधरी ने 2015 में दिल्ली की कॉर्पोरेट प्रोफेशन श्वेता सूद से शादी की। शादी के 7 साल बाद उनका तलाक हो गया।
1987 में टीवी पर सुपरहिट 'रामायण' बनाने वाली सागर पिक्चर्स एंटरटेनमेंट अब बड़े पर्दे पर 'श्रीमद्भागवतम' लेकर आ रही है। स्टूडियो ने घोषणा की है कि यह 7 फिल्मों की एक बड़ी सिनेमाई सीरीज होगी। इसकी शुरुआत 'श्रीमद्भागवतम पार्ट-1' से होगी। इस सीरीज की परिकल्पना और निर्माण रामानंद सागर के पोते अमृत सागर चोपड़ा और आकाश सागर चोपड़ा ने किया है। दोनों इस प्रोजेक्ट से जुड़े हैं और अमृत सागर पहले पार्ट का निर्देशन भी कर रहे हैं। इस फिल्म का निर्माण सागर पिक्चर्स ग्लोबल कर रहा है। वहीं, आध्यात्मिक गुरु और लेखक श्री एम इस प्रोजेक्ट के रिसर्च गाइड हैं, जबकि मोती सागर इसके मेंटर हैं। रामोजी फिल्म सिटी में शुरू हुई शूटिंग फिल्म की शूटिंग रामोजी फिल्म सिटी, हैदराबाद में शुरू हो चुकी है। इसका शुभारंभ तेलंगाना के मुख्यमंत्री ने किया था। फिल्म की सिनेमैटोग्राफी जोएल शेफर कर रहे हैं, जबकि ऑस्कर विजेता विजुअल इफेक्ट्स विशेषज्ञ क्लाइड एडवर्ड्स इसके एग्जीक्यूटिव प्रोड्यूसर हैं। सागर पिक्चर्स एंटरटेनमेंट ने बताया कि यह प्रोजेक्ट दिवंगत डॉ. रामानंद सागर और लीला सागर को समर्पित है। आने वाले महीनों में 'श्रीमद्भागवतम पार्ट-1' से जुड़ी अन्य अहम जानकारियां भी शेयर की जाएंगी। यह फिल्म महर्षि वेदव्यास द्वारा रचित भागवत महापुराण पर आधारित होगी। इसमें भगवान श्रीकृष्ण के जीवन, उनके उपदेशों और भगवान विष्णु के कई अवतारों की कहानियों को बड़े पैमाने पर दिखाया जाएगा। फिल्म का मकसद इन धार्मिक कथाओं को आधुनिक तकनीक और शानदार विजुअल्स के साथ दुनिया भर के दर्शकों तक पहुंचाना है। सागर पिक्चर्स एंटरटेनमेंट के सीईओ आकाश सागर ने कहा कि 'श्रीमद्भागवतम' भारत की सबसे महत्वपूर्ण आध्यात्मिक और साहित्यिक कृतियों में से एक है। इसकी कहानियां बेहद विशाल और गहरी हैं। हमारी कोशिश है कि इन्हें पूरी प्रामाणिकता और भव्यता के साथ बड़े पर्दे पर पेश किया जाए। इस सीरीज में दर्शकों को श्रीकृष्ण का बाल और किशोर जीवन, रासलीला, गोपी गीत, समुद्र मंथन, मत्स्य, वराह और नरसिंह अवतार, ध्रुव, भरत, पृथु और कपिल जैसे कई प्रसिद्ध और कम चर्चित प्रसंग देखने को मिलेंगे। सागर पिक्चर्स एंटरटेनमेंट के बारे में
'आप दुनिया के सबसे अच्छे पापा हैं', संजय दत्त के जन्मदिन पर उनके बच्चों ने लुटाया प्यार
अभिनेता संजय दत्त बुधवार को अपना जन्मदिन मना रहे हैं। इस मौके पर उनकी बेटी त्रिशाली और जुड़वा बच्चों, बेटे शाहरान दत्त और बेटी इकरा दत्त ने पिता संजय दत्त को जन्मदिन की बधाई दी।
लगातार स्टूडेंट प्रोटेस्ट की आलोचना कर रहीं एक्ट्रेस और सासंद कंगना रनोट कॉकरोच जनता पार्टी के स्पोक्सपर्सन सौरव दास के बयान पर भड़क गईं। दरअसल, कंगना के प्रोटेस्ट विरोधी बयानों पर सौरव ने कहा कि उन्हें उनकी पार्टी तक सीरियसली नहीं लेती है, तो बाकी लोगों को भी नहीं लेना चाहिए। सौरव के बयान पर कंगना भड़क गईं और जवाब में उन्हें बेरोजगार और बेकार कहा। कंगना रनोट के विरोधी बयानों पर बात करते हुए सौरव ने एएनआई से कहा, ‘देखिए, कंगना रनोट जी को उनकी पार्टी वाले ही उन्हें नहीं पूछते, ज्यादा सीरियसली नहीं लेते, तो हम क्यों लें। मुझे नहीं लगता कि जेन जी में या जेन अल्फा में या कोई यंगर जनरेशन में उन्हें कोई सीरियसली नहीं लेता।’ आगे सौरव ने कहा, ‘वो पॉलिटिशियन हैं, नेता भी बन गई हैं। उनके तो कुछ वीडियो भी हैं, जब वो मंडी गई थीं। उन्होंने कहा था कि मैंने तो सोचा था कि थोड़ा बहुत काम करना पड़ेगा, यहां तो सांसद बनकर इतना काम करना पड़ता है। ये उनकी सीरियसनेस दिखाता है। वो हमें अनसीरियस बोल रही हैं, उन्होंने खुद को ही एक्सपोज कर दिया था। इस पर मैं ज्यादा कुछ बोलूंगा नहीं। शब्दावली सही नहीं है। शब्दावली संभाल लेना चाहिए नेताओं को। पद की गरिमा बनाकर रखना चाहिए। आपसे कहीं गुना ज्यादा जेन जी ने देश के लिए किया और कर रहे हैं। देश के लोकतंत्र पर भरोसा जगाने का काम जेन जी ने किया है, आपने नहीं।’ सौरव दास का बयान सामने आने पर कंगना रनोट भड़क गईं और सोशल मीडिया पर लिखा, मैंने गुगल किया है, ये लड़का 28 साल का है, ये खुद को स्टूडेंट कैसे बोल रहा है, समझ नहीं आता। हां मैं पिछले 2 साल से राजनीति में हूं, लेकिन पिछले 20 साल से पब्लिक लाइफ जी रही हूं। उसकी उम्र तक आते-आते मैं 2 नेशनल अवॉर्ड जीत चुकी थी। हां, एक नई सांसद के तौर पर मैं काम के बोझ से अभिभूत हो गई थी, क्योंकि मैं एक फिल्ममेकर, परफॉर्मिंग आर्टिस्ट, प्रोड्यूसर, स्क्रीनराइटर, आंत्रप्रन्योर भी हूं। आगे कंगना ने लिखा, ‘जो व्यक्ति पूरी तरह बेकार और बेरोजगार हो, वह कभी नहीं समझ सकता कि किसी भी उम्र में हर समय इतनी ज्यादा डिमांड में रहने का क्या मतलब होता है। डियर सौरव दास, तुम्हारी प्रॉब्लम पर्सनल हैं। तुम स्टूडेंट नहीं हो, तुम सिर्फ बेकार हो। चलो स्किल्स सीखने से शुरू करते हैं, शुरुआत करने के लिए यह एक अच्छी जगह है।’ सौरव दास ने कंगना की पोस्ट पर दिया था रिएक्शन दरअसल, पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद से ही कंगना रनोट लगातार सोशल मीडिया पर कॉकरोच जनता पार्टी और स्टूडेंट प्रोटेस्ट के खिलाफ बयान दे रही हैं। मंगलवार को कंगना ने सोशल मीडिया पर लिखा था, 'प्रोटेस्टर्स जो सड़कों पर आम लोगों द्वारा पीटे जा रहे हैं और गाली खा रहे हैं, उनकी घटिया और अब्यूसिव रील की वजह से, उन्हें समझना चाहिए कि जब बोलते हो तो सुनना भी पड़ेगा, अगर तुमको देश और लीडरशिप से प्रॉब्लम है और तुमने पब्लिकली खूब गंदी गंदी गालियां दी तो अब उनकी सुनो जो देश से प्यार करते हैं और इस सरकार को वोट की पावर से लेकर आए हैं, क्योंकि बोलने का हक उनको भी है। अब रोने की कोई बात नहीं।' कौन हैं सौरव दास
रिपोर्ट्स के मुताबिक, ‘रामायण’ के म्यूजिक राइट्स हासिल करने के लिए टी-सीरीज और सोनी म्यूजिक के बीच जबरदस्त प्रतिस्पर्धा देखने को मिली। बताया जा रहा है कि सोनी म्यूजिक ने फिल्म के लिए 70 करोड़ रुपये की बोली लगाई थी, जबकि टी-सीरीज ने इससे आगे बढ़ते हुए 75 करोड़ रुपये का प्रस्ताव दिया और सौदा अपने नाम कर लिया।
'बिग बॉस 13' से स्टारडम तक: कम फीस से लेकर इंडस्ट्री में अपनी शर्तों पर काम करने का सफर
'पंजाब की कैटरीना कैफ' के नाम से मशहूर और सलमान खान के सबसे लोकप्रिय रियलिटी शो 'बिग बॉस 13' से घर-घर में पहचान बनाने वाली एक्ट्रेस शहनाज गिल आज किसी पहचान की मोहताज नहीं हैं। हाल ही में एक इंटरव्यू में शहनाज ने अपने करियर के शुरुआती संघर्षों और वित्तीय पहलुओं को लेकर कई हैरान कर देने वाले खुलासे किए हैं। उन्होंने बताया कि 'बिग बॉस 13' के दौरान उन्हें पूरे घर में सबसे कम यानी करीब साढ़े चार लाख रुपये प्रति हफ्ता मिलते थे। लेकिन शो खत्म होने के बाद उनकी लोकप्रियता में ऐसी अप्रत्याशित बढ़ोतरी हुई कि आज वे देश की सबसे महंगी और चर्चित सेलिब्रिटीज की लिस्ट में शामिल हैं। वर्तमान में वे हिंदी और पंजाबी सिनेमा दोनों ही जगह अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज करा रही हैं।मुफ़्त काम करने का कड़वा अनुभव: अब हक के लिए लड़ती हैं शहनाजशहनाज गिल का मानना है कि काम के बदले मिलने वाली सही फीस ही इंसान को असल सम्मान दिलाती है। उन्होंने अपने शुरुआती दिनों का कड़वा सच बयां करते हुए बताया कि करियर के शुरुआती चरण में उन्होंने कई लोगों के लिए बिल्कुल मुफ्त में काम किया। लेकिन इसके बदले में उन्हें वह इज्जत और तवज्जो नहीं मिली, जिसकी वे हकदार थीं। इसी वजह से अब उन्होंने तय कर लिया है कि वे बिना पारिश्रमिक के कोई काम नहीं करेंगी। शहनाज अपनी मेहनत के मुताबिक फीस मांगने में कभी संकोच नहीं करतीं और अपने हक के लिए पूरी मजबूती से आवाज उठाती हैं। हालांकि, उनका कहना है कि अगर फिल्म की कहानी असाधारण हो और स्क्रिप्ट में वाकई कोई दम हो, तो वे फीस में थोड़ा समझौता कर लेती हैं।फिल्मों में महज 'शो-पीस' या ग्लैमर का जरिया बनने से सख्त परहेजसिनेमा और अभिनय को लेकर शहनाज गिल का नजरिया बेहद पारदर्शी और गंभीर है। उनका कहना है कि वे केवल पैसा कमाने के लिए किसी भी घटिया या बेतुके प्रोजेक्ट का हिस्सा नहीं बनतीं। कमाई के लिए उनके पास विज्ञापन, ब्रांड एंडोर्समेंट और बड़े इवेंट्स जैसे कई अन्य रास्ते उपलब्ध हैं। वे फिल्मों में सिर्फ एक सजावटी वस्तु या ग्लैमर का तड़का लगाने के लिए काम नहीं करना चाहतीं। यदि किसी बड़ी फिल्म में उनका किरदार दमदार नहीं है, तो वे उसे भी बेझिझक ठुकरा देती हैं। इसके अलावा, शहनाज ने स्वीकार किया कि उन्हें किसी रोल को पाने के लिए निर्माताओं को मनाने या चापलूसी करने की कला नहीं आती और वे इस चीज को सीखना भी नहीं चाहतीं।'शिव दी किताब' से शुरू हुआ सफर: आज लाखों दिलों पर करती हैं राज27 जनवरी 1994 को चंडीगढ़ में जन्मी शहनाज गिल ने अपने पेशेवर करियर की शुरुआत साल 2015 में मशहूर पंजाबी म्यूजिक वीडियो 'शिव दी किताब' से की थी। 'बिग बॉस 13' में दिवंगत अभिनेता सिद्धार्थ शुक्ला के साथ उनकी केमिस्ट्री को फैंस ने 'सिडनाज' का नाम दिया, जो आज भी काफी मशहूर है। सिद्धार्थ के निधन के बाद शहनाज ने सलमान खान की फिल्म 'किसी का भाई किसी की जान' से बॉलीवुड में कदम रखा और इसके बाद वे 'थैंक यू फॉर कमिंग' में भी नजर आईं। अब तक वे करीब 7 पंजाबी व हिंदी फिल्मों और 20 से अधिक सुपरहिट म्यूजिक वीडियोज (जैसे 'भुला दूंगा', 'शोना शोना', 'फ्लाई' और 'कुर्ता पायजामा') में अपनी अदाकारी का जलवा बिखेर चुकी हैं।
हरियाणा के रहने वाले सिंगर रेशम सिंह अनमोल ने दावा किया है कि खराब पेट्रोल की वजह से डिफेंडर खराब होने संबंधी वीडियो वायरल होने के बाद से उन्हें लगातार धमकियां मिल रही हैं। इसे लेकर उन्होंने सोशल मीडिया पर एक नया वीडियो जारी कर सफाई दी है। रेशम ने कहा, मेरी गाड़ी सच में खराब हुई थी। मैंने कंपनी के सर्विस सेंटर में जाकर उसे ठीक कराया और मेरे पास उसका बिल भी है। कुछ लोग कह रहे हैं कि मैं एजेंडा चला रहा हूं या पैसे लेकर एथेनॉल के खिलाफ वीडियो बना रहा हूं, जबकि ऐसा बिल्कुल नहीं है। मुझे जब कहीं भी प्योर पेट्रोल नहीं मिला, तब परेशान होकर मैंने वह वीडियो बनाया था। दो पॉइंट में जानिए सिंगर ने क्या कहा… 'प्रोपेगेंडा फैलाने की बात कर रहे लोग' रेशम सिंह अनमोल ने कहा, “दो-तीन दिन पहले मैंने एक वीडियो अपलोड किया था, जिसमें बताया था कि खराब पेट्रोल की वजह से मेरी डिफेंडर में दिक्कत आ गई थी। इसके बाद से मुझे कई लोगों के फोन आ रहे हैं। कोई कह रहा है कि मैं प्रोपेगेंडा फैला रहा हूं, कोई इसे मेरा एजेंडा बता रहा है। कुछ लोग यह भी कह रहे हैं कि मैंने पैसे लेकर वीडियो बनाया है। वहीं, कुछ लोग मुझे धमकियां भी दे रहे हैं।” ‘27 मई को खराब हुई थी मेरी डिफेंडर’ रेशम ने आगे कहा, मैं यह साफ करना चाहता हूं कि यह दिक्कत अभी नहीं आई। मेरी डिफेंडर 27 मई को खराब हुई थी। यह उसका बिल भी है। कंपनी ने उसमें नया फ्यूल पंप लगाया था। वीडियो मैंने उस दिन बनाया, जब मुझे प्योर पेट्रोल नहीं मिला। मैं पांच-छह पेट्रोल पंपों पर गया, लेकिन कहीं भी XP100 या XP95 नहीं मिला। परेशान होकर मैंने वह वीडियो बनाया था। ‘पंपों पर एथेनॉल की जानकारी लिखी होनी चाहिए’ रेशम ने कहा, जब हम पेट्रोल पंप पर जाकर पूछते हैं कि XP95 में कितने प्रतिशत एथेनॉल है, तो हर जगह अलग-अलग जवाब मिलता है। कोई 8 प्रतिशत बताता है तो कोई 5 प्रतिशत। मैं सरकार से अपील करता हूं कि हर पेट्रोल पंप पर नोटिस लगाया जाए, ताकि लोगों को पता चल सके कि पेट्रोल में कितना एथेनॉल है। आम लोग इस वजह से काफी परेशान हैं। मेरे वीडियो के बाद भी बहुत से लोगों के मैसेज आए हैं। मैंने कोई प्रोपेगेंडा नहीं फैलाया है। हमारे लिए सभी राजनीतिक पार्टियां एक जैसी हैं। अब जानिए सिंगर के भाई ने दैनिक भास्कर को क्या बताया... बाढ़ में खराब हुई रेंज रोवर, फिर खरीदी डिफेंडर रेशम सिंह अनमोल के बड़े भाई और नंबरदार डॉ. निर्मल सिंह नकटपुर ने बताया कि पहले अनमोल के पास रेंज रोवर स्पोर्ट्स थी। 2025 में पंजाब में आई बाढ़ के दौरान राहत कार्य करते समय गाड़ी पहले पेड़ की टहनी से क्षतिग्रस्त हुई, फिर बाढ़ के पानी में फिसल गई। इसके बाद 7 नवंबर 2025 को अनमोल ने करीब 1.55 करोड़ रुपए में सफेद रंग की डिफेंडर-110 खरीदी। अनमोल को ट्रैक्टर ज्यादा पसंद हैं, लेकिन यह गाड़ी उन्होंने शौक से खरीदी थी। शो जाते समय खराब हुई गाड़ी, फिर वायरल हुआ वीडियो नकटपुर ने बताया कि 27 मई 2026 को शो के लिए जाते समय रास्ते में डिफेंडर अचानक बंद हो गई। कंपनी की सलाह पर गाड़ी को दादा मोटर्स, चंडीगढ़ ले जाया गया, जहां जांच में फ्यूल पंप खराब मिला और उसे बदल दिया गया। चार दिन पहले जब अनमोल छात्रों के जंतर-मंतर धरने में समर्थन देने चंडीगढ़ से दिल्ली जा रहे थे, तब उन्हें पांच पेट्रोल पंपों पर भी XP100 हाई-स्पीड पेट्रोल नहीं मिला। इसी के बाद उन्होंने वीडियो रिकॉर्ड किया, जो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। ---------------------------- ये खबर भी पढ़ें :- हरियाणा के सिंगर बोले-E20 पेट्रोल से नई डिफेंडर खराब हुई:गाड़ी का फ्यूल पंप बदलवाना पड़ा; 8 महीने पहले ₹1.55 करोड़ में खरीदी देशभर में E20 पेट्रोल को लेकर माइलेज घटने, इंजन खराब होने और मेंटेनेंस खर्च बढ़ने जैसे दावे किए जा रहे हैं। इसी बीच, हरियाणा के रहने वाले पंजाबी सिंगर रेशम सिंह अनमोल का एक वीडियो चर्चा में है। इसमें वह 8 महीने पहले खरीदी करीब 1.55 करोड़ रुपए की अपनी डिफेंडर-110 के रास्ते में अचानक बंद होने का किस्सा बता रहे हैं। पढ़ें पूरी खबर…
भारतीय सिनेमा जगत में संजय दत्त एक ऐसे अभिनेता हैं, जिनकी असली जिंदगी किसी बॉलीवुड फिल्म की स्क्रिप्ट से कम नहीं रही है। 29 जुलाई 1959 को मुंबई में जन्मे संजय दत्त हिंदी सिनेमा के दिग्गज कलाकार सुनील दत्त और अभिनेत्री नरगिस दत्त के बेटे हैं। बचपन में ही बतौर चाइल्ड आर्टिस्ट फिल्मों में कदम रखने वाले संजय दत्त का जीवन सफलताओं के साथ-साथ कई कड़वे अनुभवों से भी गुजरा है। एक वक्त था जब वे बुरी तरह ड्रग्स की लत के शिकार हो गए थे, लेकिन उन्होंने मजबूत इच्छाशक्ति के दम पर खुद को उस अंधकार से निकाला।उनकी लव लाइफ भी हमेशा चर्चा के केंद्र में रही। संजय दत्त की बायोपिक 'संजू' में इस बात का जिक्र किया गया था कि उनकी जिंदगी में करीब 308 गर्लफ्रेंड्स रहीं। अपनी निजी जिंदगी की उलझनों के बावजूद संजय दत्त ने अभिनय की दुनिया में एक अलग मुकाम हासिल किया और आज वे करोड़ों की संपत्ति के मालिक हैं।कितनी है संजय दत्त की कुल संपत्ति? (Sanjay Dutt Net Worth)संजय दत्त एक राजा-महाराजा जैसी जिंदगी जीने के लिए जाने जाते हैं। विभिन्न मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, संजय दत्त की कुल नेटवर्थ करीब ₹295 करोड़ है।आलीशान घर: मुंबई के पॉश इलाके पाली हिल (बांद्रा) में उनका लगभग ₹40 करोड़ का एक भव्य बंगला है। इसके अलावा उनका एक आशियाना दुबई में भी है, जहां उनका परिवार अक्सर समय बिताता है।एक फिल्म की फीस: वे एक फिल्म के लिए ₹8 करोड़ से ₹15 करोड़ तक चार्ज करते हैं।कमाई के अन्य जरिए: फिल्मों के अलावा वे ब्रांड एंडोर्समेंट, क्रिकेट टीमों में पार्टनरशिप और बिजनेस स्टार्टअप्स में निवेश से मोटी कमाई करते हैं।प्रोडक्शन हाउस: उनके पास दो अपने प्रोडक्शन हाउस हैं — 'थ्री-डायमेंशनल मोशन पिक्चर्स' (Three Dimension Motion Pictures) और 'संजय दत्त प्रोडक्शंस'।गाड़ियों और घड़ियों का शानदार कलेक्शनसंजय दत्त को लग्जरी गाड़ियों और बाइक्स का बहुत शौक है। उनके पास महंगी और खास घड़ियां भी हैं, जिनमें लगभग ₹64 लाख की घड़ी शामिल है।कार और बाइक कलेक्शन (Car & Bike Collection)वाहन का प्रकारनाम / मॉडलअनुमानित कीमतलग्जरी कारRolls-Royce Ghost₹7 करोड़ से ₹8 करोड़एसयूवीLand Rover Range Rover₹3 करोड़स्पोर्ट्स कारAudi R8₹2.72 करोड़सुपरकारFerrari 599 GTB₹1.3 करोड़प्रीमियम बाइकHarley-Davidson Fat Boy-सुपरबाइकDucati Multistrada-निजी जिंदगी: 3 शादियां और परिवारसंजय दत्त का नाम बॉलीवुड की कई दिग्गज अभिनेत्रियों के साथ जुड़ा। उन्होंने अपनी जिंदगी में तीन शादियां की हैं:पहला विवाह: उनकी पहली शादी अभिनेत्री ऋचा शर्मा से 1987 में हुई थी। दुर्भाग्यवश, 1996 में कैंसर (ब्रेन ट्यूमर) के कारण ऋचा का निधन हो गया।दूसरा विवाह: इसके बाद संजय दत्त ने मॉडल रिया पिल्लई से शादी की। हालांकि, यह रिश्ता ज्यादा लंबा नहीं चल सका और दोनों का तलाक हो गया।तीसरा विवाह: वर्ष 2008 में उन्होंने मान्यता दत्त से शादी की। मान्यता उम्र में संजय दत्त से 18 साल छोटी हैं और हर मुश्किल वक्त में वे संजय के साथ मजबूती से खड़ी रही हैं। इस शादी से उनके दो जुड़वां बच्चे — बेटा शहरान और बेटी इकरा हैं।'खलनायक' से बने सिनेमा के आइकॉनसंजय दत्त ने अपने करियर की शुरुआत 1981 में फिल्म 'रॉकी' से की थी। लेकिन उनके करियर का सबसे यादगार मोड़ साल 1993 में आया, जब सुभाष घई के निर्देशन में बनी फिल्म 'खलनायक' रिलीज हुई। इस फिल्म में संजय दत्त द्वारा निभाया गया खतरनाक अपराधी 'बल्लू' का किरदार बेहद लोकप्रिय हुआ। दर्शकों ने उनके विलेन वाले अवतार को इतना प्यार दिया कि सिनेमाघरों के बाहर टिकटों की लंबी लाइनें लग जाती थीं। इसके बाद 'वास्तव' में रघु और 'मुन्ना भाई M.B.B.S.' में मुन्ना भाई के किरदार ने उन्हें हर वर्ग के दर्शकों का चहेता बना दिया।
नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही बहुचर्चित फिल्म 'रामायण' के मेकर्स ने इसके ट्रेलर रिलीज के समय का आधिकारिक ऐलान कर दिया है। फिल्म का ट्रेलर 30 जुलाई को भारतीय समयानुसार तड़के 4:15 बजे दुनिया भर में रिलीज किया जाएगा। मेकर्स ने इस खास समय को हिंदू परंपरा के अनुसार पवित्र माने जाने वाले ब्रह्म मुहूर्त के साथ जोड़कर चुना है। मेकर्स ने एक नया पोस्टर जारी करके लिखा कि हम शुभ ब्रह्म मुहूर्त में अपने ट्रेलर के साथ रामायण की नई भोर का स्वागत करते हैं। ब्रह्म मुहूर्त के खास समय पर होगा ग्लोबल रिलीजफिल्म के प्रोड्यूसर नमित मल्होत्रा ने सोशल मीडिया पर पोस्टर शेयर कर यह घोषणा की। हिंदू धर्म में सुबह के 4 से 5 बजे के बीच के समय को ब्रह्म मुहूर्त माना जाता है, जिसे किसी भी नए काम की शुरुआत के लिए बेहद शुभ कहा गया है। मेकर्स का मानना है कि भारतीय संस्कृति के सबसे बड़े महाकाव्य पर आधारित इस फिल्म के ट्रेलर की शुरुआत के लिए इससे बेहतर समय नहीं हो सकता था। फिल्म के इस ट्रेलर को एक साथ हिंदी, तमिल, तेलुगु, कन्नड़ और मलयालम समेत कई भाषाओं में डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर रिलीज किया जाएगा। रणबीर कपूर बने हैं भगवान राम, यश निभा रहे रावण का रोलफिल्म 'रामायण' में बॉलीवुड और साउथ सिनेमा के बड़े कलाकार एक साथ नजर आने वाले हैं। रणबीर कपूर फिल्म में भगवान राम की भूमिका में हैं, जबकि साई पल्लवी माता सीता का किरदार निभा रही हैं। साउथ सुपरस्टार यश इस फिल्म में रावण के रोल में दिखेंगे। इसके अलावा सनी देओल हनुमान की भूमिका में हैं, जबकि रवि दुबे लक्ष्मण के किरदार में नजर आएंगे। फिल्म में अरुण गोविल, लारा दत्ता, रकुल प्रीत सिंह, विवेक ओबेरॉय और कुणाल कपूर भी अहम भूमिकाओं में शामिल हैं। ऑस्कर विनर्स एआर रहमान और हैंस जिमर दे रहे म्यूजिकफिल्म के संगीत को लेकर भी काफी समय से चर्चा बनी हुई है। इस फिल्म में दो दिग्गज म्यूजिशियन एआर रहमान और ऑस्कर विजेता हैंस जिमर पहली बार एक साथ मिलकर बैकग्राउंड स्कोर और संगीत तैयार कर रहे हैं। फिल्म का निर्माण नमित मल्होत्रा के प्राइम फोकस स्टूडियोज और एक्टर यश के मॉन्स्टर माइंड क्रिएशंस के तहत किया जा रहा है। इस ग्रैंड प्रोजेक्ट को दो भागों में बनाया जा रहा है, जिसका पहला पार्ट नवंबर 2026 में दिवाली के मौके पर सिनेमाघरों में रिलीज होगा। 4000 करोड़ के बजट में बन रही देश की सबसे महंगी फिल्म'दंगल' जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्म बना चुके डायरेक्टर नितेश तिवारी पिछले कई सालों से इस प्रोजेक्ट पर काम कर रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, दो भागों में बनने वाली इस फिल्म का कुल बजट 4000 करोड़ रुपए के करीब है, जो इसे भारतीय सिनेमा के इतिहास की सबसे महंगी फिल्म बनाता है। फिल्म के विजुअल इफेक्ट्स (VFX) की जिम्मेदारी ऑस्कर विनिंग कंपनी DNEG संभाल रही है। फिल्म के पहले पार्ट की शूटिंग पूरी हो चुकी है और इस समय इसके पोस्ट-प्रोडक्शन का काम तेजी से चल रहा है। फिल्म 'रामायण' से जुड़ी अहम बातें-
साल था 1994। मुंबई की ठाणे सेंट्रल जेल की सबसे कड़ी सुरक्षा वाली अंडा बैरक में बंद एक आरोपी रक्षाबंधन के दिन अपनी बहनों का इंतजार कर रहा था। लोहे की सलाखों के पीछे दोनों बहनों ने उसके हाथ पर राखी बांधी, लेकिन उस भाई की जेब पूरी तरह खाली थी। देने के लिए न कोई तोहफा था, न पैसे। कुछ पल तक वह चुप रहा। फिर जेल की कैंटीन से मिले दो-दो रुपए के चाय-नाश्ते के कूपन बहनों के हाथ में रख दिए और बोला, ‘मेरे पास फिलहाल यही है।’ यह वही शख्स था, जिसके नाम पर कभी सिनेमाघरों के बाहर भीड़ उमड़ती थी, जिसकी फिल्मों के पोस्टर शहरों में छाए रहते थे और जो करोड़ों लोगों का सुपरस्टार था, लेकिन वक्त ने ऐसी करवट बदली कि वही एक्टर जेल की चारदीवारी के भीतर अपनी बहनों को सिर्फ दो रुपए के कूपन ही दे सका। जी हां, हम बात कर रहे हैं बॉलीवुड के 'संजू बाबा' यानी संजय दत्त की। आज उनके 67वें जन्मदिन पर जानते हैं उनके कुछ अनसुने किस्से। इंदिरा गांधी की सलाह पर बोर्डिंग स्कूल भेजा गया संजय दत्त के जन्म के बाद सुनील दत्त और नरगिस ने अपने बेटे के नाम के लिए फिल्म पत्रिका 'शमा' के पाठकों से सुझाव मांगे थे। जिसके बाद देशभर से लगभग 15,000 से अधिक नाम आए थे। इसके बाद 'संजय' नाम आगरा की रहने वाली पुष्पा अग्रवाल ने सुझाया था। संजय बचपन से ही परिवार के सबसे लाड़ले थे। माता-पिता, नानी और रिश्तेदार उनकी हर इच्छा पूरी कर देते थे। इसी वजह से वे बेहद जिद्दी भी होते जा रहे थे। स्कूल हो या घर, हर जगह उन्हें विशेष तवज्जो मिलती थी। हालांकि, संजय सिर्फ जिद्दी नहीं थे, उनका दिल भी बहुत बड़ा था। एक बार दिल्ली में एक शादी के दौरान उन्होंने ठंड से कांप रहे एक गरीब बच्चे को अपना सूट उतारकर दे दिया था। लेकिन उनकी शरारतें परिवार की चिंता भी बढ़ा रही थीं। पत्रकार यासिर उस्मान द्वारा संजय दत्त पर लिखी गई किताब के मुताबिक छह साल की उम्र में उन्होंने पिता सुनील दत्त को सिगरेट पीते देखा और खुद भी सिगरेट पीने की जिद करने लगे। सुनील दत्त को लगा कि एक बार सिगरेट पीने के बाद बेटे का शौक खत्म हो जाएगा, लेकिन संजय ने पूरी सिगरेट पी ली। कुछ साल बाद वे घर आए मेहमानों की फेंकी हुई सिगरेट की बुझी हुई बटें बगीचे में छिपकर पीते हुए भी पकड़े गए। जिस पर पिता ने उनकी पिटाई की थी। ऐसे में सुनील दत्त को एहसास हुआ कि जरूरत से ज्यादा लाड़-प्यार और फिल्मी माहौल का संजय पर गलत असर पड़ रहा है। तभी यह फैसला किया गया कि संजय को किसी बोर्डिंग स्कूल भेज दिया जाए। इसके बाद परिवार की करीबी मित्र और तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने सलाह दी कि संजय को मिलिट्री डिसिप्लिन के लिए हिमाचल प्रदेश के सनावर स्थित लॉरेंस स्कूल भेजा जाए। संजय जूतों में हेरोइन छिपाकर न्यूयॉर्क गए थे 1980 में संजय दत्त अपनी पहली फिल्म 'रॉकी' की शूटिंग में बिजी थे। इसी दौरान उनकी मां नरगिस की तबीयत बिगड़ गई और उन्हें मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया। नरगिस को पैंक्रियाटिक कैंसर था और उन्हें इलाज के लिए न्यूयॉर्क के मेमोरियल स्लोन केटरिंग कैंसर सेंटर ले जाना था। सुनील दत्त ने कांपती आवाज में अपने तीनों बच्चों संजय, नम्रता और प्रिया को बताया कि उनकी मां को कैंसर है। इसके बाद 'रॉकी' की शूटिंग रोक दी गई और 21 अगस्त 1980 को सुनील दत्त नरगिस को लेकर अमेरिका रवाना हो गए। न्यूयॉर्क में इलाज के दौरान नरगिस की कई सर्जरी हुईं, लेकिन ऑपरेशन के बाद लगातार खून बहने से वे कोमा में चली गईं। इसी दौरान संजय दत्त खुद भी नशे की लत से जूझ रहे थे। मां की गंभीर हालत के बावजूद वे ड्रग्स नहीं छोड़ पा रहे थे। यासिर उस्मान की किताब के मुताबिक, न्यूयॉर्क जाते समय वे अपने जूतों में करीब 30 ग्राम हेरोइन छिपाकर ले गए थे। बाद में उन्होंने स्वीकार किया था कि उस घटना को याद करके उन्हें शर्म आती है। यहां तक कि नशे की वजह से उन्हें अपनी मां के लिए खून दान करने की अनुमति भी नहीं मिली थी। 'रॉकी' के प्रीमियर में नरगिस की याद में कुर्सी खाली छोड़ी गई न्यूयॉर्क में करीब तीन महीने तक कोमा में रहने के बाद नरगिस को होश आया था। उनकी सबसे बड़ी इच्छा थी कि वे जल्द भारत लौटें और अपने बेटे की पहली फिल्म 'रॉकी' देखें। 6 मार्च 1981 को भारत लौटने के बाद 9 मार्च 1981 को सुनील दत्त उन्हें फिल्म 'रॉकी' दिखाने घर के प्रीव्यू थिएटर तक ले गए। कमजोरी के कारण वे पूरी फिल्म नहीं देख सकीं और सिर्फ सात रील देखने के बाद उन्हें वापस कमरे में ले जाना पड़ा, लेकिन जितना देखा, उससे वे बेहद खुश थीं। उन्हें विश्वास था कि उनका बेटा संजू बड़ा स्टार बनेगा। वहीं, संजय की डेब्यू फिल्म 'रॉकी' का प्रीमियर 7 मई 1981 को तय किया गया था। प्रीमियर से ठीक चार दिन पहले, 3 मई 1981 को नरगिस का निधन हो गया। इसके बाद फिल्म के प्रीमियर के दौरान सुनील दत्त ने थिएटर में संजय दत्त के बगल वाली कुर्सी नरगिस की याद में खाली रखी थी। ऋषि कपूर-राजेश खन्ना को पीटने पहुंच गए थे फिल्म 'रॉकी' की शूटिंग के दौरान संजय दत्त और एक्ट्रेस टीना मुनीम के बीच प्यार हुआ। इस रिश्ते में संजय बेहद पजेसिव बॉयफ्रेंड थे। दोनो का अफेयर लगभग 2 साल तक चला था। यासिर उस्मान की किताब के मुताबिक, फिल्म 'कर्ज' में टीना मुनीम ऋषि कपूर के साथ काम कर रही थीं। तब दोनों के बीच प्रेम संबंध होने की अफवाहें फैल गई थीं। इससे संजय इतने गुस्से में आ गए कि वे ऋषि कपूर की पिटाई करने के इरादे से उनके घर पहुंच गए थे। संजय ने एक्टर गुलशन ग्रोवर से भी अपने साथ चलने को कहा। गुलशन ने बाद में बताया था, संजय और मैं भाइयों जैसे थे। एक दिन उसने मुझसे कहा, 'चलो चिंटू (ऋषि कपूर) के घर चलते हैं, उसकी पिटाई करनी है।' हम वहां गए भी, लेकिन उनकी मंगेतर नीतूजी (नीतू सिंह) ने हमें समझाया कि चिंटू का कोई अफेयर नहीं है। इसके बाद हम वहां से लौट आए। बाद में फिल्म 'सौतन' की शूटिंग के बाद टीना मुनीम और राजेश खन्ना की नजदीकियों की खबरें फिल्म इंडस्ट्री में फैलने लगीं। बाद में संजय ने स्वीकार किया कि उन्हें यह बर्दाश्त नहीं हो रहा था कि टीना उन्हें छोड़कर किसी और के करीब चली जाएं। इसके बाद गुस्से में वे सीधे मेहबूब स्टूडियो पहुंच गए, जहां राजेश खन्ना शूटिंग कर रहे थे। संजय ने राजेश खन्ना के ठीक सामने कुर्सी खींचकर लगा ली और उन्हें लगातार घूरते रहे। बाद में खुद संजय ने स्वीकार किया कि अगर उस दिन राजेश खन्ना ने कुछ भी कहा होता, तो वे उन पर हमला कर देते, लेकिन राजेश खन्ना शांत बैठे रहे और कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। आखिरकार संजय वहां से लौट आए। संजय दत्त और रेखा की गुपचुप शादी की अफवाह उड़ी थी साल 1982 में अफवाह फैल गई कि संजय दत्त ने एक्ट्रेस रेखा से गुपचुप शादी कर ली। दरअसल, मशहूर फिल्म मैगजीन सिनेब्लिट्ज ने अपने कॉलम 'रिप ऑफ' में लिखा था, हमें अपने बेहद भरोसेमंद सूत्रों से पता चला है, जो होटल सी रॉक के आसपास मौजूद थे, कि संजय और रेखा ने अपनी कथित शादी के शुरुआती कुछ दिन वहीं साथ बिताए। अगर आप सोच रहे हैं कि होटल में किसी ने उन्हें क्यों नहीं देखा, तो याद रखिए कि वहां 'रूम सर्विस' जैसी सुविधा भी होती है। मैगजीन ने आगे लिखा था, संजय दत्त इन दिनों खुशी से फूले नहीं समा रहे हैं। उनकी अपनी 'कवयित्री' रेखा उनके लिए छोटी-छोटी प्रेम कविताएं लिख रही हैं, ‘तुम मेरी ताकत हो, मेरा सहारा हो, मेरे प्यारे से फूल हो।’ यासिर उस्मान की किताब के मुताबिक, इन खबरों से फिल्म इंडस्ट्री में सनसनी फैल गई। हालांकि, संजय दत्त और रेखा दोनों ने इन दावों को सिरे से खारिज कर दिया। एक इंटरव्यू में संजय ने साफ कहा था कि रेखा से मेरा कोई रिश्ता नहीं है। मेरी शादी की खबर पूरी तरह साजिश और झूठ है। यहां तक कि मेरी तथाकथित गुप्त शादी की कहानी भी गढ़ दी गई। संजय ने कहा था कि कुछ रिपोर्टों में तो यह तक लिखा गया कि शादी के 15 दिन बाद वे रेखा को अपने पिता सुनील दत्त से आशीर्वाद दिलाने ले गए, लेकिन सुनील दत्त ने उन्हें घर से बाहर निकाल दिया। संजय ने इन सभी दावों को मनगढ़ंत बताते हुए कहा था कि उन्होंने कभी रेखा से शादी नहीं की। उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें समझ नहीं आता कि उनका नाम रेखा के साथ क्यों जोड़ा जा रहा है, जबकि वे जानते हैं कि रेखा का रिश्ता फिल्म इंडस्ट्री के एक बड़े शख्स से है। संजय का मानना था कि यह अफवाह इसलिए भी फैली क्योंकि वे उस समय अस्पताल में भर्ती अमिताभ बच्चन से मिलने नहीं जा सके थे। जेल में बहनों को दो-दो रुपए के कूपन दिए थे साल था 1994 और महीना था जुलाई। अवैध रूप से हथियार रखने के मामले में संजय दत्त की अंतरिम जमानत अदालत ने रद्द कर दी और उन्हें ठाणे सेंट्रल जेल भेज दिया गया। उन्हें जेल की सबसे कड़ी सुरक्षा वाली अंडा बैरक में रखा गया। यह वही जगह थी, जहां खतरनाक अपराधियों और टाडा के आरोपियों को रखा जाता था। करीब 10x10 फीट की उस छोटी-सी कोठरी में न धूप आती थी और न ही बाहर की दुनिया दिखाई देती थी। एक छोटा-सा बल्ब, एक गद्दा और कोने में बिना फ्लश वाला शौचालय। संजय दत्त ने बाद में बताया था कि शुरुआती डेढ़ महीने तक उन्हें दूसरे कैदियों से मिलने तक की इजाजत नहीं थी। अकेलापन इतना बढ़ गया कि उन्होंने समय काटने के लिए चींटियों को घंटों चलते हुए देखना शुरू कर दिया था। बाहर पिता सुनील दत्त लगातार बेटे की जमानत के लिए नेताओं, वकीलों और अधिकारियों के चक्कर लगा रहे थे। बहनें प्रिया और नम्रता भी नियमित रूप से जेल जाती थीं, लेकिन अक्सर सिर्फ दूर से ही संजय को देख पाती थीं। वहीं, रक्षाबंधन पर बहनों ने जेल में उन्हें राखी बांधी। उस समय संजय के पास देने के लिए कोई गिप्ट नहीं था। उन्होंने अपनी बहनों को सिर्फ जेल की कैंटीन के दो-दो रुपए वाले चाय-नाश्ते के कूपन दिए और कहा था, ‘मेरे पास फिलहाल यही है।’ बेटी के एक्टिंग करने पर बोले थे- टांगें तोड़ दूंगा संजय दत्त की बड़ी बेटी त्रिशाला दत्त का जन्म 1988 में उनकी पहली पत्नी रिचा शर्मा से हुआ था। जब वह सिर्फ 8 साल की थीं, तब ब्रेन ट्यूमर के कारण उनकी मां का निधन हो गया। इसके बाद उनका पालन-पोषण न्यूयॉर्क में नाना-नानी ने किया। त्रिशाला कभी बॉलीवुड में अभिनेत्री बनना चाहती थीं, लेकिन संजय दत्त इसके सख्त खिलाफ थे। 2016 में फिल्म 'भूमि' के प्रमोशन के दौरान उन्होंने कहा था, ‘त्रिशाला एक्ट्रेस बनना चाहती थी और मैं उसकी टांगें तोड़ देना चाहता था।’ संजय दत्त ने यह भी कहा था, ‘मैंने उसे एक अच्छे कॉलेज में भेजने के लिए अपना बहुत समय और एनर्जी लगाई है। उसने फोरेंसिक साइंस में विशेषज्ञता हासिल की है और मुझे लगता है कि यह एक बेहतरीन करियर है।’ सलमान की BMW की चाबी समुद्र में फेंक दी थी संजय दत्त और सलमान खान की दोस्ती बॉलीवुड में मिसाल मानी जाती है। हालांकि, एक बार ऐसा भी हुआ था जब संजय दत्त, सलमान से नाराज हो गए थे। इस किस्से का खुलासा खुद सलमान ने रजत शर्मा के शो में किया था। सलमान ने बताया था कि सोहेल खान की फिल्म 'मैंने दिल तुझको दिया' में संजय दत्त ने दोस्ती की खातिर गेस्ट अपीयरेंस किया था। शूटिंग पूरी होने के बाद संजय दत्त सलमान के घर पहुंचे, जहां पार्टी चल रही थी। उसी दौरान सलमान के पास नई BMW M5 आई थी। वह संजय दत्त को बाहर ले गए और बोले, ‘बाबा, यह देश की पहली BMW M5 है और मैं चाहता हूं कि यह आपके पास हो।’ इतना सुनते ही संजय दत्त ने सलमान को धन्यवाद कहा, लेकिन अगले ही पल कार की चाबी उठाकर सीधे समुद्र में फेंक दी। चाबी समंदर में चली गई और क्योंकि कार की केवल एक ही चाबी थी, इसलिए वह कई दिनों तक घर के बाहर ही खड़ी रह गई। सलमान ने बताया था कि उस चाबी को ढूंढ़कर निकालने में पूरे चार दिन लगे थे। ………….. यह खबर भी पढ़ें… अमजद खान की पुण्यतिथि:डिलीवरी के बाद बीवी को घर लाने के पैसे नहीं थे; ₹1.27 करोड़ की फीस अटकी, परिवार ने अंडरवर्ल्ड की मदद ठुकराई ‘मैं वो आदमी था, जो रोज 4–5 घंटे कसरत करता था। बैडमिंटन खेलता था, फ्री-हैंड एक्सरसाइज करता था, वेट उठाता था... लेकिन फिर एक एक्सीडेंट हुआ और मैं तीन महीने तक बिस्तर पर पड़ा रहा।’ एक पुराने इंटरव्यू में दिवंगत एक्टर अमजद खान ने अपनी जिंदगी का सबसे दर्दनाक दौर याद करते हुए यह बात कही थी। पूरी खबर यहां पढ़ें…
भारतीय सिनेमा की सबसे बहुप्रतीक्षित फिल्मों में से एक नितेश तिवारी की 'रामायण' (Ramayana) लगातार सुर्खियों में बनी हुई है। रणबीर कपूर स्टारर इस महाकाव्य फिल्म के ट्रेलर को लेकर दर्शकों का उत्साह चरम पर है। पहले खबरें थीं कि फिल्म का ऑफिशियल ट्रेलर 24 जुलाई को रिलीज किया जाएगा, लेकिन किसी कारणवश मेकर्स ने इसे आगे बढ़ा दिया था। अब आखिरकार प्रोड्यूसर नमित मल्होत्रा और उनकी टीम ने ट्रेलर की नई और पक्की रिलीज डेट का आधिकारिक एलान कर दिया है, जिसके बाद सिनेप्रेमियों का इंतजार अब खत्म होने जा रहा है।30 जुलाई को सुबह 4:15 बजे 'ब्रह्म मुहूर्त' में आएगा ट्रेलरफिल्म के निर्माताओं ने एक विशेष पोस्ट साझा करते हुए जानकारी दी है कि 'रामायण' का ट्रेलर 30 जुलाई को सुबह 4:15 बजे (IST) वैश्विक स्तर पर जारी किया जाएगा। मेकर्स ने इस खास समय का चुनाव अचानक नहीं किया है, बल्कि यह समय 'ब्रह्म मुहूर्त' का है। हिंदू मान्यताओं में ब्रह्म मुहूर्त (सूर्योदय से लगभग 1 घंटा 36 मिनट पहले का समय) को सबसे पवित्र, शुभ और सकारात्मक ऊर्जा से भरपूर माना जाता है। मेकर्स ने नए पोस्टर पर लिखा, शुभ ब्रह्म मुहूर्त में हम अपने ट्रेलर के साथ रामायण के आगमन का स्वागत करते हैं। इससे पहले योजना थी कि इसे सैन डिएगो कॉमिक-कॉन (San Diego Comic-Con) में पहली बार दिखाया जाएगा, लेकिन बाद में डिजिटल प्लेटफॉर्म पर एक साथ ग्लोबल लॉन्च का फैसला लिया गया।लीक क्लिप्स के बाद मेकर्स ने उठाया बड़ा कदमफैंस जहां एक तरफ ऑफिशियल प्रोमो का बेसब्री से इंतजार कर रहे थे, वहीं दूसरी तरफ सोशल मीडिया पर ट्रेलर की कुछ क्लिप्स लीक होने से हड़कंप मच गया था। दरअसल, नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित 'प्रथम संकल्प' कार्यक्रम, फिर मुंबई की एक स्पेशल स्क्रीनिंग और सैन डिएगो कॉमिक-कॉन के दौरान ट्रेलर की झलक दिखाई गई थी। वहां से कुछ अंश अनऑफिशियल तरीके से इंटरनेट पर फैल गए। लीक की घटना के बाद प्रोड्यूसर नमित मल्होत्रा और उनकी लीगल टीम ने तुरंत एंटी-पायरेसी ड्राइव चलाई और पायरेटेड कंटेंट को सोशल मीडिया से हटवाया। इसी लीकेज और फैंस की बढ़ती मांग को देखते हुए मेकर्स ने ट्रेलर को जल्द से जल्द रिलीज करने का मन बनाया।ऑस्कर विजेताओं का म्यूजिक और मेगा स्टारकास्टफिल्म 'रामायण' को भारतीय सिनेमा इतिहास के सबसे भव्य पैमाने पर तैयार किया जा रहा है। फिल्म में मुख्य किरदारों की बात करें तो:रणबीर कपूर - भगवान श्री रामसाई पल्लवी - माता सीतायश - लंकापति रावण (सह-निर्माता भी)अन्य मुख्य कलाकार: सनी देओल (हनुमान), रवि दुबे (लक्ष्मण), अरुण गोविल, लारा दत्ता, रकुल प्रीत सिंह, विवेक ओबेरॉय और कुणाल कपूर।फिल्म का संगीत दुनिया के दो दिग्गज कंपोजर्स—ऑस्कर विजेता हंस जिमर (Hans Zimmer) और ए.आर. रहमान (A.R. Rahman) मिलकर तैयार कर रहे हैं। नमित मल्होत्रा की कंपनी 'DNEG' इसके वीएफएक्स (VFX) पर काम कर रही है। यह मेगा बजट फिल्म नवंबर 2026 में सिनेमाघरों में दस्तक देगी।
नेटफ्लिक्स का लोकप्रिय रियलिटी शो 'लॉक अप 2' इन दिनों लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। शो में जहां एक तरफ कंटेस्टेंट्स के बीच तीखी बहस, रणनीतियां और टास्क का रोमांच देखने को मिलता है, वहीं दूसरी तरफ कुछ ऐसे पल भी आते हैं जो हर किसी का दिल झकझोर कर रख देते हैं। हाल ही में प्रसारित हुए एपिसोड में कुछ ऐसा ही नजारा देखने को मिला, जब शो के सितारों ने अपनी चमचमाती जिंदगी के पीछे छिपे सबसे कड़वे और दर्दनाक राज जनता के सामने रखे। इस इमोशनल टास्क के दौरान शिवांगी जोशी, हर्षद और पामेला सेरेना ने अपने बचपन के ट्रॉमा और निजी रिश्तों में मिले धोखे की ऐसी कहानियां बताईं, जिसे सुनकर घर के बाकी सदस्यों के साथ-साथ दर्शकों की आंखें भी नम हो गईं।शिवांगी जोशी का खुलासा: माता-पिता का संघर्ष और बचपन की वो कड़वी यादटीवी की लोकप्रिय अभिनेत्री शिवांगी जोशी, जिन्हें आमतौर पर लोग एक शांत और मजबूत व्यक्तित्व के रूप में देखते हैं, अपनी कहानी बताते समय बेहद भावुक हो गईं। शिवांगी ने बताया कि उनके परिवार ने एक वक्त पर कितना कठिन दौर देखा है। उनके माता-पिता ने बच्चों का पेट पालने के लिए कई रेस्तरां में बर्तन धोने और सफाई तक का काम किया है। शिवांगी ने कहा कि आज वह अपने घर की अकेली कमाने वाली सदस्य हैं और उनका बस एक ही मकसद है कि उनके माता-पिता को फिर कभी उन मुश्किल दिनों से न गुजरना पड़े।इस संघर्ष के साथ ही शिवांगी ने अपने बचपन का एक ऐसा काला सच बयां किया, जिसे सुनकर वहां मौजूद शिल्पा शिंदे अपने आंसू नहीं रोक सकीं। शिवांगी ने बताया कि बचपन में उनके सगे मामा ने उनके साथ दो से तीन बार 'बैड टच' (गलत हरकत) किया था। उस घटना ने उन्हें अंदर तक तोड़ दिया था। शिवांगी ने कांपती आवाज में कहा कि अगर उस रात उनके माता-पिता सही समय पर घर वापस नहीं लौटते, तो शायद उनके साथ कोई बहुत अनहोनी हो जाती। उनकी इस आपबीती को सुनकर राम कपूर और हर्षद भी अपने आंसू नहीं रोक पाए।रिश्तेदारों के बीच हर्षद के साथ हुई गंदी हरकतशिवांगी की कहानी के बाद हर्षद ने भी अपने सीने में बरसों से दबे एक दर्दनाक राज से पर्दा उठाया। उन्होंने बताया कि जब वे छोटे थे, तो उनके माता-पिता ने उन्हें कुछ दिनों के लिए एक रिश्तेदार के घर भेजा था। वहां उस रिश्तेदार ने उनके साथ गलत हरकत की और बात को आगे बढ़ाने की कोशिश की। हालांकि, स्थिति बिगड़ने से पहले ही वे वहां से सुरक्षित निकल आए, लेकिन उस घटना ने उनके मन में एक गहरा डर पैदा कर दिया था। हर्षद ने बताया कि इस खौफनाक अनुभव का जिक्र उन्होंने आज तक न तो अपने माता-पिता से किया था और न ही किसी दोस्त से।8 साल का रिश्ता और अस्पताल का वो एक कॉल: पामेला सेरेना का धोखाशो की एक और कंटेस्टेंट पामेला सेरेना ने जब अपने अतीत का पन्ना खोला, तो पूरा घर सन्न रह गया। पामेला ने बताया कि वे करीब 7-8 साल तक एक शख्स के साथ रिलेशनशिप में थीं और दोनों की सगाई भी हो चुकी थी। जब उस शख्स की तबीयत बिगड़ी और उसकी सर्जरी हुई, तो पामेला दिन-रात अस्पताल में रहकर उसकी देखभाल कर रही थीं।लेकिन पामेला की दुनिया तब उजड़ गई जब अस्पताल में उस शख्स के फोन पर एक अनजान लड़की का कॉल आया। उस लड़की ने फोन पर खुलासा किया कि वह पिछले 2 साल से उस शख्स को डेट कर रही है और उसके बच्चे की मां बनने वाली है। 8 साल के प्यार और सगाई के बाद मिले इस भयानक धोखे की कहानी सुनकर होस्ट रितेश देशमुख समेत घर के सभी लोग शॉक्ड रह गए।खेल और रणनीतियों से परे उभरे मानवीय रिश्ते'लॉक अप 2' के इस एपिसोड ने साबित कर दिया कि पर्दे पर हमेशा मुस्कुराते दिखने वाले इन सितारों की जिंदगी में भी कई ऐसे जख्म हैं जो कभी नहीं भरते। इस टास्क के बाद घर का माहौल पूरी तरह बदल गया और कंटेस्टेंट्स के बीच एक अलग तरह की संवेदनशीलता और जुड़ाव देखने को मिला। खेल की कड़वाहट को भूलकर सभी सितारे एक-दूसरे को संभालते और ढारस बंधाते नजर आए।
देव आनंद के बेटे सुनील आनंद का निधन, लंदन में 70 वर्ष की उम्र में ली अंतिम सांस
परिवार के करीबी सूत्रों के अनुसार, सुनील आनंद को अचानक दिल का दौरा पड़ा, जिसके बाद उन्हें लंदन के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया। चिकित्सकों के प्रयासों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका और 28 जुलाई की सुबह उनका निधन हो गया।
बॉलीवुड के दिवंगत दिग्गज अभिनेता देव आनंद के बेटे और अभिनेता-निर्देशक सुनील आनंद का 26 जुलाई की सुबह लंदन में निधन हो गया। वे 70 वर्ष के थे। पारिवारिक सूत्रों के मुताबिक, दिल का दौरा पड़ने के बाद उन्होंने उसी अस्पताल में आखिरी सांस ली, जहां साल 2011 में उनके पिता देव आनंद का निधन हुआ था। उनकी भतीजी जीना नारंग ने आधिकारिक बयान जारी कर इस खबर की पुष्टि की है। परिवार ने इस कठिन समय में लोगों से अपनी प्राइवेसी बनाए रखने की अपील की है। भतीजी जीना नारंग ने जारी किया आधिकारिक बयानसुनील आनंद के निधन की जानकारी उनकी भतीजी जीना नारंग ने परिवार की तरफ से दी। जारी किए गए नोट में लिखा गया, भारी मन से हमारा परिवार सुनील आनंद के निधन की जानकारी दे रहा है। इस कठिन समय में मिले प्यार, प्रार्थनाओं और समर्थन के लिए हम सभी के आभारी हैं। हम सभी से अनुरोध करते हैं कि हमारी निजता का सम्मान करें ताकि हम साथ मिलकर इस मुश्किल दौर से उबर सकें। हालांकि, परिवार ने अभी अंतिम संस्कार से जुड़ी जानकारी साझा नहीं की है। 1984 में फिल्म 'आनंद और आनंद' से किया था डेब्यूसुनील आनंद ने साल 1984 में अपने पिता देव आनंद के निर्देशन में बनी फिल्म 'आनंद और आनंद' से एक्टिंग करियर की शुरुआत की थी। इसके बाद उन्होंने 'कार थीफ' और 'मैं तेरे लिए' जैसी फिल्मों में भी काम किया। हालांकि, उन्हें बतौर एक्टर अपने पिता जैसी सफलता और पहचान नहीं मिल सकी। इसके बाद उन्होंने कैमरे के आगे काम करने के बजाय पर्दे के पीछे काम करने का फैसला लिया। नवकेतन फिल्म्स का संभाला कामकाजफिल्मों में एक्टिंग में मनमुताबिक सफलता न मिलने के बाद सुनील आनंद ने परिवार के प्रतिष्ठित प्रोडक्शन बैनर 'नवकेतन फिल्म्स' की जिम्मेदारी संभाली। वे लंबे समय तक इस प्रोडक्शन हाउस से जुड़े रहे और इसके कामकाज को आगे बढ़ाते रहे। उन्होंने देव आनंद की सिनेमाई विरासत को जीवित रखने और उनके बनाए बैनर को संभालने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। परिवार में 94 वर्षीय मां कल्पना कार्तिक और बहन देविकासुनील आनंद अपने पीछे अपनी 94 वर्षीय मां और बीते दौर की मशहूर अभिनेत्री कल्पना कार्तिक और बहन देविका को छोड़ गए हैं। उनकी मां और बहन फिलहाल तमिलनाडु के ऊटी में रहती हैं। सुनील, देव आनंद और कल्पना कार्तिक के इकलौते बेटे थे।
भोजपुरी एक्ट्रेसेज आम्रपाली दुबे और रानी चटर्जी ने बॉलीवुड अभिनेत्रियों के सर्जरी कराने का मजाक उड़ाया है। वे रियलिटी शो 'भोजपुरी बवाल' के सेट पर ये बातें करती नजर आईं। दैनिक भास्कर के पास इस बात बातचीत का अनकट वीडियो पहुंचा है। इसमें रानी चटर्जी, आम्रपाली दुबे और उनकी साथी एक्ट्रेस मेकअप रूम में बैठी नजर आ रही हैं। बातचीत के दौरान जब बोटॉक्स और प्लास्टिक सर्जरी का जिक्र छिड़ा, तो तीनों एक्ट्रेसेस ने बॉलीवुड अभिनेत्रियों पर जमकर तंज कसा। रानी चटर्जी और आम्रपाली दुबे ने दावा किया कि भोजपुरी इंडस्ट्री में सब कुछ 100% नैचुरल है। वहीं बॉलीवुड में काम करने के लिए बोटॉक्स, लिप फिलर्स और दिमाग की सर्जरी तक करानी पड़ती है। 'हमारा सब असली, बॉलीवुड में होतीं तो बोटॉक्स कराना पड़ता'सामने आए वीडियो में सेट पर पेडीक्योर और मेकअप कराते हुए एक्ट्रेस ने रानी चटर्जी से पूछा कि उन्होंने कौन सा बोटॉक्स कराया है। इस पर रानी चटर्जी ने हैरानी जताते हुए कहा कि भोजपुरी एक्ट्रेसेस बोटॉक्स कराती हैं क्या। इसके बाद आम्रपाली दुबे ने मुस्कुराते हुए कहा कि उनके यहां सब कुछ नैचुरल है। इस पर रानी चटर्जी ने कहा, हमारा यह सब माल असली है। मुझे लगता है कि अगर हम लोग बॉलीवुड में होते, तो वहां यह सब करवाना पड़ता। वहां चेहरा बदलने के लिए सर्जरी करानी पड़ती है। फर्जी एक्सेंट और लिप फिलर्स का उड़ाया मजाक बातचीत आगे बढ़ी तो साथी एक्ट्रेस ने बॉलीवुड एक्ट्रेसेस के लिप फिलर्स का मजाक उड़ाते हुए कहा कि वे सर्जरी कराकर अपने होंठ बतख जैसे बना लेती हैं। इस पर आम्रपाली दुबे ने बॉलीवुड स्टार्स के बोलने के तरीके की नकल उतारी। आम्रपाली ने अजीब सा मुंह बनाकर और एक्सेंट बदलते हुए कहा, हाय गाइज, हाउ आर यू गाइज डूइंग। यह सुनते ही सेट पर मौजूद सभी लोग जोर-जोर से हंसने लगे। पवन सिंह पूछते कि ये क्या करवा लिया'वीडियो में आगे एक्ट्रेसेस ने भोजपुरी पावर स्टार पवन सिंह का जिक्र किया। उन्होंने मजाक में कहा कि अगर वे बॉलीवुड वालों की तरह लिप सर्जरी करा लें, तो पवन सिंह का रिएक्शन देखने लायक होगा। साथी एक्ट्रेस ने कहा, अगर हम ऐसा कुछ करा लें तो पवन जी देखकर बोलेंगे कि यह मुंह पर क्या करवा लिया। इस पर रानी चटर्जी ने तुरंत हंसते हुए कहा कि अभी पवन जी को वीडियो कॉल करके पूछना चाहिए। इसके बाद तीनों एक्ट्रेसेस जोर-जोर से ठहाके लगाने लगीं। 2 अगस्त से शुरू होगा रियलिटी शो 'भोजपुरी बवाल'यह वायरल वीडियो जल्द ही प्रसारित होने वाले रियलिटी शो 'भोजपुरी बवाल' के सेट का है। टीवी पर जल्द ही भोजपुरी का पहला रियलिटी शो 'भोजपुरी बवाल' आने वाला है। इस शो में भोजपुरी फिल्म इंडस्ट्री के बड़े-बड़े दिग्गज और बिहार के बड़े नेता एक साथ नजर आने वाले हैं। यह शो इन बड़े सितारों की असली जिंदगी बिना किसी छिपाव के दिखाएगा। इसमें उनके निजी और प्रोफेशनल जीवन की सच्ची बातें सामने आएंगी। पवन सिंह, निरहुआ और तेज प्रताप यादव एक साथ आएंगे नजरइस शो में भोजपुरी के पावर स्टार पवन सिंह, अभिनेता दिनेश लाल यादव (निरहुआ), आम्रपाली दुबे, काजल राघवानी और पूर्व मुख्यमंत्री लालू यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव एक साथ नजर आने वाले हैं। शो का प्रसारण 2 अगस्त को जियो हॉटस्टार पर शुरू होगा। वहीं इस शो की मेजबानी मनीषा रानी और कृष्णा अभिषेक करेंगे।
एक्ट्रेस शिल्पा शेट्टी के नाम से आरक्षण पर फर्जी पोस्ट वायरल हो गई। जानकारी मिलने पर एक्ट्रेस भड़क गईं और उन्होंने साफ किया कि उनके नाम का गलत इस्तेमाल हो रहा है। शिल्पा शेट्टी ने ऑफिशियल सोशल मीडिया अकाउंट से लिखा, आरक्षण को लेकर मेरे नाम से जो बातें फैलाई जा रही हैं, वे पूरी तरह झूठी हैं। मैंने ऐसा कोई बयान नहीं दिया है। कुछ लोग जानबूझकर मेरे नाम का गलत इस्तेमाल कर रहे हैं और फर्जी खबर फैला रहे हैं। ऐसी फर्जी न्यूज पर बिल्कुल भरोसा मत कीजिए। विजय वर्मा ने भी फर्जी पोस्ट वायरल होने पर दी सफाई हाल ही में एक्टर विजय वर्मा के नाम से भी रिजर्वेशन पर एक पोस्ट वायरल हो गई। पोस्ट में विजय के नाम से लिखा गया था, मेरे पिता ने मारुति 800 खरीदी थी, जब मैं पैदा हुआ था। जब मैं 12वीं कक्षा में पहुंचा, तब उन्होंने होंडा सिटी खरीदी। मैं उसी कार से कॉलेज जाता था, जबकि मेरा सबसे अच्छा दोस्त, जो एक मारवाड़ी परिवार से था, अब भी 12 साल पुरानी हीरो होंडा बाइक चलाता था। हमने एक सरकारी नौकरी की परीक्षा दी। उसने अच्छा प्रदर्शन किया, लेकिन उसे सीट नहीं मिली। नतीजे वाले दिन वह रोते हुए घर लौटा, जबकि मैं मुस्कुराते हुए घर गया। मैं उस आरक्षण का हकदार नहीं था, लेकिन मुझे वह मिला। अगर मेरा नहीं, तो कम से कम उसके लिए तो निष्पक्ष मौका उसका अधिकार था। पोस्ट वायरल होने के बाद विजय ने सफाई देते हुए कहा, मैंने यह कभी पोस्ट नहीं किया। यह पूरी तरह झूठ है। रिजर्वेशन पर क्यों वायरल हो रही हैं सेलेब्स की पोस्ट नीट पेपर लीक के विरोध में छात्रों के प्रदर्शन के बाद शिक्षामंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने 25 जुलाई को इस्तीफा दे दिया है। इस मुद्दे पर जीत के बाद कई लोग जनरल कैटेगरी के लोगों को सामान्य अधिकार न मिलने पर सवाल उठा रहे हैं। सोशल मीडिया पर कई लोगों ने इसके लिए भी विरोध करने की बात कही, जिसके बाद से ही रिजर्वेशन का मुद्दा गरम हो गया। इसी बीच सेलेब्स को इससे जोड़ा जा रहा है।
फिल्म 'बंटवारा 1947' का ट्रेलर लॉन्च इवेंट सनी देओल रो पड़े। इवेंट के दौरान डायरेक्टर राजकुमार संतोषी ने दिवंगत अभिनेता धर्मेन्द्र पर बात की जिसे सुनकर सनी देओल की आंखों में आंसू आ गए।मुंबई में आयोजित हुए इस इवेंट में शबाना आजमी, सनी देओल, करण देओल और फिल्म की बाकी स्टारकास्ट एक साथ नजर आई। इवेंट के दौरान शबाना आजमी ने शूटिंग से जुड़ा एक बेहद भावुक वाकया शेयर किया, जिसे सुनकर सनी देओल की आंखों में आंसू आ गए। शबाना ने बताया कि एक मुश्किल सीन के दौरान सनी ने एक बेटे की तरह उनकी मदद की । वहीं सनी देओल ने कहा कि यह फिल्म दुनिया की हर मां को समर्पित है। 'अपमानित महसूस हुआ, सनी बेटे की तरह सामने आए'शबाना आजमी ने ट्रेलर लॉन्च पर फिल्म के एक मुश्किल सीन को याद किया। उन्होंने बताया कि फिल्म में एक सीन है जहां विलेन उन्हें घसीटता है और उनका कुर्ता फाड़ देता है। शबाना ने कहा, एक इंसान के तौर पर मैंने जिंदगी में कभी इतना लाचार महसूस नहीं किया था। लेकिन जब सनी आए और उन्होंने मुझ पर दुपट्टा डाला, तो वे असल जिंदगी में मेरे बेटे और रक्षक बन गए। मैंने उन्हें कसकर गले लगाया। 50 साल के करियर में किसी को-एक्टर की वजह से ऐसा सच्चा इमोशन महसूस होना बड़ी बात है। धर्मेंद्र परिवार संग काम पर बोलीं- 'अब बॉबी भी तैयार हो जाएं'देओल परिवार के साथ काम करने के अनुभव पर शबाना आजमी ने हंसते हुए बात की। उन्होंने कहा, मेरी पिछली फिल्म धर्मेंद्र जी के साथ 'रॉकी और रानी की प्रेम कहानी' थी। अब यह फिल्म उनके बेटे सनी और पोते करण के साथ आ रही है। मैं अभय के साथ भी एक फिल्म कर सकती हूं। अब आप लोग बॉबी से कहिए कि वे भी मेरे साथ काम करने के लिए तैयार हो जाएं। शबाना के इस बयान पर इवेंट में मौजूद सभी लोग हंस पड़े। मां-बेटे के रिश्ते और भावनाओं पर आधारित है कहानीइवेंट में बात करते हुए सनी देओल काफी भावुक नजर आए। उन्होंने कहा कि यह फिल्म मां और बेटे के रिश्ते की खूबसूरती को दिखाती है। फिल्म देखने के बाद हर इंसान अपनी मां से और ज्यादा प्यार करने लगेगा। सनी ने बताया कि उन्होंने हाल ही में अपनी मां प्रकाश कौर के साथ एक फोटो शेयर कर यह फिल्म दुनिया की हर मां के त्याग को समर्पित की है।
अभिनेता रणवीर सिंह और दीपिका पादुकोण जल्द ही दूसरी बार माता-पिता बनने जा रहे हैं। सितंबर 2024 में बेटी दुआ के जन्म के बाद यह कपल अपने दूसरे बच्चे के स्वागत की तैयारी में है। इसी बीच रणवीर सिंह का एक पुराना वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया है, जो अप्रैल 2026 में हुए एक ब्रांड शूट के दौरान का है। सेट पर एक एक्ट्रेस के फ्लर्ट करने पर रणवीर सिंह ने मजाकिया अंदाज में जवाब दिया। रणवीर ने हंसते हुए कहा कि कितना फ्लर्ट कर रही हो, मैं दो बच्चों का बाप बनने वाला हूं। '2 बच्चों का बाप बनने वाला हूं, कितना फ्लर्ट कर रही हो'एक्ट्रेस दीक्षा नारंग ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर रणवीर सिंह का यह वीडियो शेयर किया है। दीक्षा ने बताया कि यह वीडियो अप्रैल 2026 में सुपरयू और स्टारबक्स के एक कैंपेन शूट का है। सेट पर कॉफी ब्लेंडर खराब होने की वजह से सन्नाटा छा गया था। माहौल को हल्का करने के लिए दीक्षा ने रणवीर से बात शुरू की और 'केमिस्ट्री फॉर कॉफी' कहा। रणवीर ने इसे मजाक में 'केमिस्ट्री ऑफ लव' समझ लिया और मुस्कुराते हुए बोले, कितना फ्लर्ट कर रही हो, मैं दो बच्चों का बाप बनने वाला हूं यार। दीक्षा नारंग ने पोस्ट में लिखा कि सेट पर रणवीर से बातचीत करना उनके लिए एक यादगार अनुभव था और उस दिन उन्हें रणवीर से चार बार बात करने का मौका मिला था। हाल ही में दीपिका के साथ डोसा खाने पहुंचे थे हाल ही में दीपिका और रणवीर मुंबई में लंच डेट के लिए पहुंचे थे। यह कपल भारी सुरक्षा के बीच मुंबई के एक मशहूर रेस्टोरेंट में बेने डोसा खाने पहुंचा। सोशल मीडिया पर इस आउटिंग के वीडियो सामने आए हैं, जिसमें दोनों रेस्टोरेंट से बाहर निकलते हुए दिखाई दे रहे हैं। इंस्टाग्राम पर की थी दूसरी प्रेग्नेंसी की घोषणारणवीर सिंह और दीपिका पादुकोण ने कुछ समय पहले ही इंस्टाग्राम पर एक जॉइंट पोस्ट शेयर कर दूसरी बार पेरेंट्स बनने की जानकारी दी थी। इस पोस्ट में उनकी बेटी दुआ पादुकोण सिंह एक प्रेग्नेंसी टेस्ट किट पकड़े नजर आ रही थी, जिस पर दो पिंक लाइनें बनी थीं। दीपिका और रणवीर ने साल 2018 में इटली में शादी की थी। इसके बाद सितंबर 2024 में उन्होंने अपनी पहली बेटी दुआ का स्वागत किया था। 'धुरंधर' की सफलता के बाद 300 करोड़ की 'प्रलय' में दिखेंगेरणवीर सिंह के वर्कफ्रंट की बात करें तो उनकी पिछली दोनों फिल्में 'धुरंधर' और 'धुरंधर: द रिवेंज' बॉक्स ऑफिस पर काफी सफल रही थीं। ये फिल्में उनके करियर की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्में साबित हुई हैं। इन दो बड़ी हिट फिल्मों के बाद अब रणवीर सिंह अपनी अगली फिल्म 'प्रलय' की तैयारी में जुट गए हैं। जय मेहता के निर्देशन में बन रही है जॉम्बी थ्रिलर फिल्मफिल्म 'प्रलय' एक बड़े बजट की जॉम्बी थ्रिलर फिल्म है। करीब 300 करोड़ रुपए के बजट में बन रही इस फिल्म का निर्देशन जय मेहता कर रहे हैं। फिल्म का निर्माण हंसल मेहता की 'ट्रू स्टोरी फिल्म्स' और रणवीर सिंह की 'मां कसम फिल्म्स' मिलकर कर रही हैं। इस फिल्म में साउथ एक्ट्रेस कल्याणी प्रियदर्शन, रणवीर सिंह के साथ मुख्य भूमिका में नजर आएंगी।
रियलिटी शो 'अलायंस' में बॉयफ्रेंड अर्सलान गोनी से मिलीं सुजैन खान, देखते ही आंखों से छलके आंसू!
टीवी के चर्चित रियलिटी शो 'अलायंस' में इन दिनों फिनाले का खुमार छाया हुआ है। जैसे-जैसे शो अपने आखिरी पड़ाव की ओर बढ़ रहा है, गेम में नए-नए ट्विस्ट और टर्न्स देखने को मिल रहे हैं। हाल ही में मेकर्स द्वारा जारी किए गए नए प्रोमो में एक बेहद भावुक और यादगार पल देखने को मिला। शो के कंटेस्टेंट्स को सपोर्ट करने और उनका हौसला बढ़ाने के लिए उनके घरवाले और करीबी सेट पर पहुंच रहे हैं। इसी सिलसिले में अर्सलान गोनी को सरप्राइज देने उनकी गर्लफ्रेंड और ऋतिक रोशन की एक्स-वाइफ सुजैन खान पहुंचीं। अर्सलान को सामने देखते ही सुजैन अपने जज्बातों पर काबू नहीं रख पाईं और उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े।पहली बार ऑन-स्क्रीन दिखा कमाल का बॉन्ड, गले लगाकर किया पैंपरप्रोमो में देखा जा सकता है कि सुजैन खान जैसे ही घर के अंदर एंट्री करती हैं, वे सीधे अर्सलान गोनी के पास जाकर उन्हें गले लगा लेती हैं और किस करती हैं। अपने प्यार को अचानक सामने पाकर अर्सलान भी पूरी तरह से इमोशनल हो जाते हैं और रोने लगते हैं। अर्सलान को रोता देख सुजैन उन्हें बड़े प्यार से संभालती और पैंपर करती नजर आ रही हैं। सोशल मीडिया पर दोनों के इस खूबसूरत रीयूनियन का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। पहली बार किसी रियलिटी शो में एक साथ नजर आए सुजैन और अर्सलान की केमिस्ट्री को फैंस खूब पसंद कर रहे हैं और इंटरनेट पर उन्हें 'मेड फॉर ईच अदर' बता रहे हैं।ऋतिक रोशन संग तलाक के बाद शुरू हुई थी लव स्टोरीसुजैन खान और अर्सलान गोनी काफी लंबे समय से एक-दूसरे को डेट कर रहे हैं। मालूम हो कि सुजैन खान की शादी साल 2000 में बॉलीवुड सुपरस्टार ऋतिक रोशन से हुई थी। हालांकि, 14 साल के लंबे रिश्ते के बाद साल 2014 में दोनों ने एक-दूसरे से आपसी सहमति से तलाक ले लिया था। ऋतिक और सुजैन के दो बेटे हैं। तलाक के बाद भी दोनों के बीच काफी सम्मानजनक रिश्ता है और वे बेहतरीन दोस्त की तरह अक्सर एक-दूसरे के साथ नजर आते हैं। ऋतिक से अलग होने के बाद सुजैन की जिंदगी में अर्सलान गोनी की एंट्री हुई और दोनों का रिश्ता समय के साथ मजबूत होता गया।आखिर कौन हैं अर्सलान गोनी? जानिए उनके बारे मेंअर्सलान गोनी एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री का जाना-माना नाम हैं और वे टीवी के मशहूर अभिनेता एली गोनी के सगे भाई हैं। अर्सलान पेशे से एक एक्टर हैं, जिन्हें ऑल्ट बालाजी की वेब सीरीज 'माई हीरो बोल रहा हूं' में उनके काम के लिए काफी सराहा गया था। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, सुजैन और अर्सलान की पहली मुलाकात एक कॉमन फ्रेंड के जरिए हुई थी, जिसके बाद दोनों में दोस्ती हुई और यह दोस्ती धीरे-धीरे प्यार में बदल गई। दोनों को अक्सर मुंबई में लंच और डिनर डेट्स पर साथ देखा जाता है।
मशहूर बॉलीवुड रैपर बादशाह और पंजाबी अभिनेत्री ईशा रिखी अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर एक बार फिर जबरदस्त सुर्खियों में हैं। इस साल की शुरुआत में ही दोनों की गुपचुप शादी की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए थे, जिसके बाद फैंस ने उन्हें जमकर बधाइयां दी थीं। हालांकि, अब इस नए-नवेले शादीशुदा जोड़े के रिश्ते में अनबन और खटास आने की खबरें तेजी से सामने आ रही हैं। दोनों ने अपने रिश्ते को शुरुआत से ही काफी प्राइवेट रखा था, लेकिन ईशा रिखी की एक हालिया सोशल मीडिया पोस्ट ने इन चर्चाओं को और ज्यादा हवा दे दी है।'ताकत और प्रभाव की वजह से चुप रही...' ईशा रिखी के पोस्ट ने मचाई हलचलहाल ही में ईशा रिखी ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट से एक बेहद भावुक और चौंकाने वाला संदेश शेयर किया है। हालांकि, इस पोस्ट में उन्होंने किसी का नाम सीधे तौर पर नहीं लिया है और न ही 'तलाक' शब्द का जिक्र किया है, लेकिन उनके शब्दों का इशारा साफ तौर पर उनके रिश्ते की कड़वाहट की ओर ही है। ईशा ने लिखा कि कुछ लड़ाइयां ऐसी होती हैं जिनके जख्म या निशान बाहर से दिखाई नहीं देते। उन्होंने इशारों ही इशारों में बताया कि उन्हें लगता था कि उनके पति के पास इतना अधिक प्रभाव, ताकत और साधन हैं कि चुप रहना ही उनके लिए सबसे सुरक्षित रास्ता था। लेकिन अब उन्होंने डर के आगे घुटने टेकने के बजाय हिम्मत से काम लेने का फैसला किया है।हर तूफान एक सीख है: पहले भी मिल चुके हैं रिश्ते में तनाव के संकेतयह पहला मौका नहीं है जब ईशा की किसी पोस्ट ने लोगों का ध्यान खींचा हो। इससे पहले भी उन्होंने बादशाह के साथ की कुछ अनदेखी तस्वीरें साझा करते हुए एक रहस्यमयी कैप्शन लिखा था। उस समय ईशा ने लिखा था— 'हर तूफान एक सीख देता है और हर दुआ में एक नई उम्मीद छिपी होती है।' उस पोस्ट के सामने आने के बाद से ही सोशल मीडिया पर नेटिजन्स और फैंस यह कयास लगाने लगे थे कि दोनों के बीच सब कुछ ठीक नहीं चल रहा है। अब इस नई पोस्ट के बाद यह साफ लगने लगा है कि ईशा काफी लंबे समय से मानसिक दबाव और डर के साये में थीं।बादशाह की रहस्यमयी चुप्पी और आगे क्या?ईशा रिखी और बादशाह के इस रिश्ते की पुष्टि तब हुई थी जब ईशा की मां ने शादी के कुछ क्लिप्स ऑनलाइन शेयर किए थे, जिसके बाद ईशा ने खुद एक सवाल-जवाब सेशन के दौरान शादी की बात कबूली थी। फिलहाल, ईशा की इस सनसनीखेज पोस्ट पर रैपर बादशाह की तरफ से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया या बयान सामने नहीं आया है। चूंकि पोस्ट में किसी सीधे आरोप का ब्योरा नहीं दिया गया है, इसलिए असल माजरा क्या है यह तो आने वाला वक्त ही बताएगा, लेकिन इस पोस्ट ने दोनों के फैंस को चिंता में जरूर डाल दिया है।
हॉलीवुड की बहुप्रतीक्षित एक्शन-एडवेंचर फिल्म 'स्पाइडर-मैन: ब्रांड न्यू डे' (Spider-Man: Brand New Day) की भारत में रिलीज का इंतजार कर रहे फैंस के लिए बड़ी और राहत भरी खबर आई है। सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (CBFC) ने फिल्म को कुछ मामूली बदलावों के साथ पास कर दिया है और इसका आधिकारिक रिलीज सर्टिफिकेट जारी कर दिया है। सेंसर बोर्ड की तरफ से फिल्म को 'UA 13+' सर्टिफिकेट दिया गया है, जिसका मतलब है कि 13 साल से कम उम्र के बच्चे इसे अपने माता-पिता के मार्गदर्शन में देख सकते हैं। भारतीय बाजार में फिल्म की एडवांस बुकिंग पहले ही शुरू हो चुकी है और दर्शकों के बीच इसे लेकर जबरदस्त क्रेज देखने को मिल रहा है।ऑडियो, सबटाइटल्स और 8 सेकंड का सीन: जानिए कहां-कहां चली सेंसर की कैंचीसेंसर बोर्ड की जांच समिति ने फिल्म के कुछ दृश्यों और संवादों पर ध्यान देते हुए मेकर्स को मामूली बदलाव करने के निर्देश दिए थे। रिपोर्ट के मुताबिक, फिल्म में तीन अलग-अलग जगहों पर इस्तेमाल किए गए अश्लील शब्दों के ऑडियो को म्यूट करने के लिए कहा गया है। इसके साथ ही इन शब्दों को ऑन-स्क्रीन सबटाइटल्स से भी हटा दिया गया है। इन बदलावों में से एक हिस्सा फिल्म के पहले हाफ में है, जबकि बाकी दो हिस्से इंटरवल के बाद के हैं। इसके अलावा, फिल्म से 8 सेकंड लंबा एक लिप-लॉक सीन भी काट दिया गया है। इन बदलावों के पूरे होते ही स्टूडियो को भारत में प्रदर्शन के लिए क्लीयरेंस मिल गया।2 घंटे 24 मिनट की होगी फिल्म, पीटर पार्कर का डार्क अंदाज रहेगा बरकरारअच्छी बात यह है कि सेंसर बोर्ड की कैंची चलने के बावजूद फिल्म के मूल फ्लेवर से कोई समझौता नहीं किया गया है। पीटर पार्कर की डार्क स्टोरीलाइन, इमोशनल ड्रामा और हाई-ऑक्टेन एक्शन सीन्स को पूरी तरह बरकरार रखा गया है। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, 'स्पाइडर-मैन: ब्रांड न्यू डे' का कुल रनटाइम 144.52 मिनट यानी 2 घंटे 24 मिनट और 31 सेकंड तय हुआ है। टिकट खिड़की पर फिल्म की शुरुआती बढ़त को देखते हुए ट्रेड एनालिस्ट मान रहे हैं कि यह भारत में ओपनिंग डे पर रिकॉर्ड तोड़ कमाई कर सकती है।'नो वे होम' के आगे की कहानी: टॉम हॉलैंड और जेंडाया की जोड़ी फिर मचाएगी धमाल30 जुलाई को भारतीय थिएटर्स में रिलीज हो रही यह फिल्म साल 2021 में आई ब्लॉकबस्टर फिल्म 'स्पाइडर-मैन: नो वे होम' की सीधी अगली कड़ी है। इस नई फिल्म में टॉम हॉलैंड, जेंडाया और जैकब बैटलन एक बार फिर अपने पुराने और पसंदीदा किरदारों में नजर आएंगे। कहानी वहीं से आगे बढ़ेगी जहां 'नो वे होम' में दुनिया के सामने से पीटर पार्कर की पहचान मिटा दी गई थी। अब देखना दिलचस्प होगा कि पहचान खोने के बाद पीटर पार्कर अपनी जिंदगी को किस तरह संभालता है और कौन सी नई चुनौतियों का सामना करता है।
भारतीय सिनेमा जगत से इस वक्त एक बेहद गर्व और उत्साह से भरी खबर सामने आ रही है। बॉलीवुड की लीजेंड्री अभिनेत्री और अपनी अदाओं से दशकों से करोड़ों दिलों पर राज करने वाली रेखा (Rekha) एक बार फिर वैश्विक मंच पर भारत का नाम रोशन करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। इस साल आयोजित होने वाले प्रतिष्ठित इंडियन फिल्म फेस्टिवल ऑफ मेलबर्न (IFFM 2026) के मंच पर रेखा को एक बेहद खास और प्रतिष्ठित सम्मान से नवाजा जाएगा। इस भव्य समारोह का सबसे बड़ा आकर्षण यह होगा कि रेखा खुद अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत का तिरंगा झंडा फहराएंगी, जो हर भारतीय के लिए एक गर्व का पल होगा।चार दशक बाद जादू बिखेरने आ रही है 'उमराव जान'इस ऐतिहासिक सम्मान के साथ ही फिल्म प्रेमियों के लिए एक और बहुत बड़ी खुशखबरी सामने आई है। रेखा की अभिनय क्षमता और खूबसूरती का सबसे बड़ा मुकुट मानी जाने वाली साल 1985 की कल्ट क्लासिक फिल्म 'उमराव जान' (Umrao Jaan) पूरे 41 साल बाद एक बार फिर बड़े पर्दे पर लौटने जा रही है। फेस्टिवल के दौरान इस मास्टरपीस की स्पेशल स्क्रीनिंग रखी जाएगी, जहां दर्शक एक बार फिर मुजफ्फर अली के इस बेहतरीन निर्देशन और रेखा के जादुई मुजरे और अदाकारी को थियेटर के बड़े पर्दे पर अनुभव कर सकेंगे।ग्लोबल मंच पर भारतीय संस्कृति और सिनेमा का सम्मानइंडियन फिल्म फेस्टिवल ऑफ मेलबर्न दुनिया भर में भारतीय सिनेमा की पहुंच और उसकी कला का जश्न मनाने के लिए जाना जाता है। ऐसे में रेखा जैसी दिग्गज अभिनेत्री का वहां होना और तिरंगा फहराना इस आयोजन के महत्व को कई गुना बढ़ा देता है। आयोजकों का मानना है कि रेखा सिर्फ एक अभिनेत्री नहीं हैं, बल्कि वे भारतीय सिनेमा की एक जीवित विरासत हैं। उनकी फिल्मों का प्रभाव आज की नई पीढ़ी के कलाकारों पर भी साफ दिखाई देता है। इस सम्मान से न सिर्फ रेखा के बेजोड़ करियर को ट्रिब्यूट मिलेगा, बल्कि ग्लोबल प्लेटफॉर्म पर भारतीय संस्कृति की भी एक भव्य झलक देखने को मिलेगी।फैंस में जबरदस्त उत्साह, सोशल मीडिया पर छाई खबरजैसे ही यह घोषणा हुई कि रेखा IFFM 2026 में शिरकत कर रही हैं और 'उमराव जान' को बड़े पर्दे पर दोबारा रिलीज किया जा रहा है, सोशल मीडिया पर उनके फैंस का उत्साह सातवें आसमान पर पहुंच गया है। ट्विटर से लेकर इंस्टाग्राम तक, फैंस 'उमराव जान' के गानों और रेखा की सदाबहार तस्वीरों को शेयर कर अपनी खुशी जाहिर कर रहे हैं। सिनेमाप्रेमियों के लिए यह किसी बड़े उत्सव से कम नहीं है कि वे अपनी पसंदीदा अभिनेत्री को इतने बड़े अंतरराष्ट्रीय मंच पर गर्व से तिरंगा फहराते हुए देखेंगे।
अपनी बेहतरीन डांसिंग स्किल्स और हालिया रिलीज फिल्मों में विलेन के दमदार किरदारों से बॉक्स ऑफिस पर तहलका मचाने वाले लोकप्रिय अभिनेता राघव जुयाल इन दिनों अपनी प्रोफेशनल लाइफ को लेकर सुर्खियों में हैं। हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान राघव ने अपने शुरुआती संघर्ष के दिनों से जुड़ा एक ऐसा चौंकाने वाला राज खोला है, जिसने बॉलीवुड के अंदरूनी सच और स्टार्स की असुरक्षा की पोल खोल दी है। राघव ने खुलासा किया कि एक्शन फिल्म 'किल' में अपनी खतरनाक परफॉर्मेंस से पहले उन्हें एक बहुत बड़े बजट की फिल्म ऑफर हुई थी, लेकिन सेट पर मुख्य अभिनेता की असुरक्षा के चलते उन्हें प्रोजेक्ट से किनारा करने पर मजबूर कर दिया गया था।जब लीड एक्टर की असुरक्षा बनी रास्ते का कांटाराघव जुयाल ने बातचीत के दौरान बताया कि जब उन्हें वह बड़ी फिल्म मिली थी, तो वे बेहद उत्साहित थे। फिल्म की स्क्रिप्ट और उनका किरदार भी काफी दमदार था। लेकिन शूटिंग शुरू होने के कुछ ही दिनों बाद उन्हें महसूस होने लगा कि फिल्म के मुख्य अभिनेता (लीड हीरो) को उनकी स्क्रीन प्रेजेंस और एक्टिंग से घबराहट होने लगी थी। स्टार्स की इस प्रकार की असुरक्षा (Insecurity) अक्सर नए कलाकारों के लिए भारी पड़ जाती है। राघव के मुताबिक, उस बड़े एक्टर को यह डर सताने लगा था कि कहीं सपोर्टिंग रोल निभा रहा यह कलाकार अपनी कला से पूरी लाइमलाइट न चुरा ले।साइडलाइन करने की चली गई चालें: बिना गलती के भुगतना पड़ा खामियाजाबॉलीवुड की इस कड़वी सच्चाई पर बात करते हुए राघव ने बताया कि इसके बाद उन्हें धीरे-धीरे प्रोजेक्ट में साइडलाइन करना शुरू कर दिया गया। उनके सीन्स काटे जाने लगे और शूटिंग के दौरान उनके साथ ऐसा माहौल बनाया गया कि वे खुद ही घुटन महसूस करने लगे। एक उभरते हुए कलाकार के लिए इस तरह का मानसिक दबाव झेलना बहुत कठिन होता है। राघव ने हालांकि उस फिल्म या अभिनेता का नाम सीधे तौर पर उजागर नहीं किया, लेकिन उनके इस खुलासे ने यह साफ कर दिया कि फिल्म इंडस्ट्री में टैलेंट के अलावा लॉबिंग और स्टार पावर किस हद तक नए कलाकारों का रास्ता रोकती है।'किल' ने बदली किस्मत: साबित कर दिया अपना हुनरभले ही उस बड़े बजट की फिल्म में राघव के साथ नाइंसाफी हुई हो, लेकिन कहते हैं न कि असली टैलेंट को ज्यादा दिनों तक छुपाया नहीं जा सकता। इसके बाद राघव जुयाल को निखिल नागेश भट की फिल्म 'किल' में विलेन का वह खूंखार किरदार मिला, जिसने उनके करियर की दिशा ही बदल दी। इस फिल्म में उनकी लाजवाब एक्टिंग और एक्शन सीन्स की देश ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी जमकर तारीफ हुई। इंडस्ट्री के जानकारों का मानना है कि राघव का यह सफर इस बात की मिसाल है कि असफलता या राजनीति से घबराने के बजाय अपनी मेहनत के दम पर कैसे कमबैक किया जाता है।
कंगना रनौत का फूटा गुस्सा: यंग हिंदू लड़कियों की 'गटर' से की तुलना, बोलीं— बिना कुछ किए चाहिए आजादी
अपने बेबाक बयानों के लिए हमेशा सुर्खियों में रहने वाली बॉलीवुड अभिनेत्री और बीजेपी सांसद कंगना रनौत एक बार फिर अपने एक विवादित और तीखे बयान को लेकर चर्चा के केंद्र में आ गई हैं। इस बार कंगना ने देश की युवा हिंदू लड़कियों और आज की यंग जनरेशन पर तीखा हमला बोला है। एक इंटरव्यू या बातचीत के दौरान उन्होंने मौजूदा पीढ़ी के रहन-सहन और सोच पर गहरी नाराजगी जताई है। कंगना के इस बयान के सामने आने के बाद सोशल मीडिया से लेकर राजनीतिक गलियारों तक एक नई और तीखी बहस छिड़ गई है, जहां लोग उनके इस अंदाज पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं।यंग जनरेशन पर कंगना का बड़ा हमला: संस्कारों और संघर्ष पर उठाए सवालकंगना रनौत ने अपने कड़े शब्दों में आज की युवा पीढ़ी और विशेषकर युवा लड़कियों की जीवनशैली की आलोचना की है। उन्होंने सीधे तौर पर कहा कि आज के दौर की युवा पीढ़ी बिना किसी त्याग, मेहनत या संघर्ष के ही सब कुछ हासिल करना चाहती है। कंगना का कहना था कि पहले के समय में लोग अपने अधिकारों और संस्कृति के लिए कड़ा संघर्ष करते थे, लेकिन आज की जनरेशन को पकी-पकाई थाली चाहिए। उनके मुताबिक, बिना जिम्मेदारी उठाए केवल आधुनिकता की अंधी दौड़ में शामिल होना समाज और देश के लिए एक सही संकेत नहीं है।सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस: समर्थन और विरोध में बंटे लोगजैसे ही कंगना रनौत का यह बयान इंटरनेट पर वायरल हुआ, वैसे ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर यूजर्स दो गुटों में बंट गए। एक तरफ जहां कुछ लोगों का मानना है कि कंगना ने समाज की कड़वी सच्चाई को बयां किया है और आज की युवा पीढ़ी में पश्चिमी संस्कृति का अत्यधिक प्रभाव बढ़ रहा है, वहीं दूसरी तरफ एक बड़ा वर्ग उनके इस बयान की कड़ी आलोचना कर रहा है। आलोचकों का कहना है कि एक जिम्मेदार जनप्रतिनिधि होने के नाते इस तरह की तुलना करना और पूरी युवा पीढ़ी को एक ही तराजू में तौलना सही नहीं है।अपने बेबाक बयानों के लिए जानी जाती हैं कंगनायह कोई पहली बार नहीं है जब कंगना रनौत ने अपने किसी बयान से सियासी या सामाजिक हलचल बढ़ाई हो। वे पहले भी किसानों, फिल्म इंडस्ट्री, फैशन और राजनीति से जुड़े मुद्दों पर खुलकर अपनी राय रखती रही हैं, जो अक्सर विवादों का रूप ले लेती हैं। बहरहाल, युवा लड़कियों और आधुनिक पीढ़ी को लेकर दिया गया उनका यह नया बयान आने वाले दिनों में और तूल पकड़ सकता है, क्योंकि इस पर विभिन्न राजनीतिक और सामाजिक संगठनों की प्रतिक्रियाएं भी आनी शुरू हो गई हैं।
टेलीविजन एक्टर राम कपूर ने हाल ही में खुलासा किया है कि उन्होंने अपने पिता की मौत प्लान की थी। वहीं दूसरी तरफ एक्ट्रेस शिल्पा शिंदे ने खुलासा किया है कि वो परिवार से रिश्ते तोड़ चुकी हैं। उनकी मां और भाई ने उन्हें घर से निकाल दिया था, जिसके बाद अब वो आश्रम में रहकर गुजारा करती हैं। रियलिटी शो लॉकअप में राम कपूर ने एक टास्क में अपना सीक्रेट रिवील करते हुए पिता की मौत प्लान करने का दावा किया और ये भी कहा कि इस बात से नाराज मां और बहन ने आज तक उनसे बात नहीं की। राम कपूर ने शो में कहा, ‘मैंने पिता की उनकी मौत प्लान करने में मदद की। 63 की उम्र में उन्हें कैंसर हुआ। ऑपरेशन पॉसिबल नहीं था। उन्होंने 18 कीमोथैरेपी लीं। इतना अच्छा किया कि वो 73 तक जिए। जब कैंसर वापस आया, तो डॉक्टर ने कहा कि ये बुरा है, हम सब दोबारा करेंगे।’ एक्टर ने आगे कहा, ‘मेरे पिता रिच थे। मैंने उनकी कंपनी जॉइन करने के बजाए एक्टर बनने का फैसला लिया और अलग हो गया। मेरे और पिता के बीच 36 का आंकड़ा था। जब उनका कैंसर वापस आया, वो सिंगापुर में थे, कोविड टाइम था, लॉकडाउन था। उन्होंने गौतमी को कॉल कर बोला मुझे राम से बात करना है। उन्होंने डिसाइड कर लिया था कि उन्हें जीना नहीं है, वो मरना चाहते थे, लेकिन वो ये अकेले नहीं करना चाहते थे। उन्हें लगा उन्हें मेरी जरूरत है। उन्होंने मुझसे पूछा कि क्या तुम मेरी मरने में मदद कर सकते हो।’ भावुक होकर राम कपूर ने आगे कहा, ‘उन्होंने मुझे मना लिया कि मैं मदद नहीं करूंगा तो वो अकेले मरेंगे। उन्होंने मुझसे डील की कि मैं किसी को न बताऊं। उन्होंने मुझसे कहा कि जब वो आईसीयू में हों, तो मैं साथ रहूं। मेरी मां और बहन को नहीं पता था। वो नहीं जानते थे कि उनका इलाज नहीं चल रहा है। मेरे पिता बस मेरा हाथ पकड़ना चाहते थे। वो अकेले रहने से डरे हुए थे। वो मरने से नहीं डर रहे थे, वो बस अकेले नहीं रहना चाहते थे। उन्हें लगता था कि किसी और को पता चला तो उन्हें मरने नहीं दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि जिस दिन मरूं उसी दिन मुझे दफ्ना या जला देना। मैंने उनका हाथ पकड़ा और उनकी मरने में मदद की।ट 5 सालों से मां और बहन ने नहीं की बात- राम कपूर मेरी मां और बहन आज भी मुझसे बात नहीं करते, 5 साल हो चुके हैं। लेकिन मुझे लगता है कि एक बच्चा अपने पिता के लिए इससे ज्यादा अच्छा कुछ नहीं कर सकता, क्योंकि हर कोई राजा की तरह जीता है, लेकिन वो राजा की तरह रहे। उनकी वजह से मैंने अपनी ताकत देखी और मौत को करीब से देखा। शिल्पा शिंदे बोलीं- मैं अनाथ, शेल्टर होम में रहती हूं शिल्पा शिंदे ने परिवार द्वारा ठुकराए जाने पर कहा, ‘लोग फैमिली-फैमिली बोलते हैं। लोगों के पास फैमिली नहीं होती। मेरे पास फैमिली होने के बाद भी मैं अनाथ हूं। मैं कोई दया नहीं चाहती। मैं पहले भी बोल चुकी हूं कि मैं शेल्टर हाउस में रहती हूं जब भी आती हूं (मुंबई)। करजत मैंने दूसरे घर की तरह लिया था, लेकिन अब वो मेरा फर्स्ट होम है, क्योंकि मैंने मुंबई छोड़ दिया।’ आगे शिल्पा ने बताया, ‘3 साल हो गए, जब मेरी शोल्डर की सर्जरी हुई। मेरे भाई वाइफ से इन्फ्लूएंस हुआ और मेरी मां भाई से इन्फ्लूएंस हुई और मुझे घर से निकाल दिया। आप सोचेंगे कि वह इतने बुरे हैं कि आपको निकाल दिया गया, लेकिन हालात ऐसे क्रिएट किए गए कि उन्हें पता है कि मैं सेल्फ रिस्पेक्ट वाली लड़की हूं। मैं रात 11 बजे घर छोड़कर चली गई, मेरी मां ने मुझे नहीं रोका, क्योंकि वो भाई के इन्फ्लूएंस में आ गई थीं।’ आगे उन्होंने कहा, ‘जब आप लोगों के लिए एवेलेबल हो जाते हैं, तो लोग आपका फायदा उठाते हैं। आप डोरमेट बन जाते हैं, मैं मेरे घर की डोरमेट हूं। मैं बॉम्बे जाती हूं और होटल में रुकती हूं तो लोग कहते हैं आप तो यहीं रहते हो, मैं कहती हूं हां, मेरे घर में बहुत सारे मेहमान आए हैं, इसलिए प्राइवेसी के लिए यहां आती हूं। मैं कभी जिंदगी में बात नहीं करूंगी। मैं अपनी वसीयत में लिख चुकी हूं कि मेरा इन लोगों से कोई रिश्ता नहीं है।’' शिल्पा शिंदे ने भावुक होकर आगे कहा, ‘किसी ने मुझसे पूछा कि मैं ये शो क्यों कर रही हूं, तो मैं होम नहीं शेल्टर होम बनाना चाहती हूं, इसलिए ये कर रही हूं। मैं मां से मिलना चाहती हूं, वो पूछती हैं कि क्या घर आओगी, लेकिन मैं नहीं जाती। मैं रिश्तों के मामले में बहुत कठोर हूं। मैं इतनी खराब हूं कि मुझे अपने ही घर से बाहर निकाल दिया गया।’ बता दें कि शिल्पा शिंदे और राम कपूर इन दिनों नेटफ्लिक्स के रियलिटी शो लॉकअप 2 में हैं। शो के नियम के अनुसार, हर कंटेस्टेंट जिंदगी के 3 सीक्रेट शो में साथ ले जाता है, जिसे वो खुद को एलिमिनेशन से बचाने में इस्तेमाल करता है। इसी नियम के तहत एक टास्क में शिल्पा और राम को अपने सीक्रेट रिवील करने पड़े हैं। उनसे पहले आकांक्षा चमोला ने सीक्रेट रिवील कर बताया था कि वो बायसेक्शुअल हैं और एक्टर गौरव खन्ना से तलाक ले रही हैं। राम कपूर के पिता ने दी थी अमूल की पंचलाइन राम कपूर के पिता अनिल कपूर को बिली नाम से पहचाना जाता था। वो बड़े बिजनेसमैन थे। वे FCB उल्का में चेयरमैन थे। उन्हें कई यादगार विज्ञापनों के लिए जाना जाता है। लेकिन अमूल की द टेस्ट ऑफ इंडिया पंचलाइन अनिल कपूर ने ही दी थी। अनिल कपूर के सीईओ रहते ही अमूल FCB उल्का की क्लाइंट थी। उनका निधन 12 अप्रैल 2021 में हुआ था।
'लॉकअप सीजन 2' में हर्षद चोपड़ा मेरे फैसलों पर डालते थे दबाव : धीरज धूपर
टेलीविजन इंडस्ट्री के लोकप्रिय अभिनेता धीरज धूपर 'लॉकअप सीजन 2' से बाहर निकल चुके हैं। अभिनेता ने आईएएनएस के साथ खास बातचीत में बताया कि उन्होंने इस शो में कभी भी किसी के कहने पर खेल नहीं खेला।
पॉपुलर सिगंर और रैपर बादशाह की दूसरी शादी में अनबन की खबरें लगातार बढ़ती जा रही हैं। उनकी पत्नी ईशा रिखी ने हाल ही में एक पोस्ट में लिखा है कि वो अब तक बादशाह के पावर के डर से चुप थीं, लेकिन वो अब और दिखावा नहीं कर सकतीं। ईशा ने पोस्ट में तलाक का हिंट भी दिया था। ईशा रिखी ने ऑफिशियल सोशल मीडिया अकाउंट से एक पोस्ट शेयर कर लिखा है, ‘कुछ लड़ाइयां ऐसी भी होती हैं, जिनके जख्म बाहर दिखाई नहीं देते। मैं बहुत लंबे समय तक चुप रही, क्योंकि मैं डरी हुई थी। मुझे लगता था कि मेरे पति के पास इतना इन्फ्लूएंस, पावर और रीसोर्स हैं कि उनके सामने मैं कुछ नहीं कर पाऊंगी। मैंने खुद को यही समझा लिया था कि चुप रहना ही मेरे लिए सबसे सुरक्षित रास्ता है।’ आगे ईशा ने लिखा है, ‘चुप्पी कभी स्वीकार नहीं की जाती, वह सिर्फ अपने अस्तित्व को बचाने की कोशिश थी। आज मैं डर नहीं, बल्कि हिम्मत को चुन रही हूं। शायद मैं अभी पूरी कहानी बताने के लिए तैयार नहीं हूं, लेकिन अब मैं यह दिखावा करना बंद करने के लिए तैयार हूं कि सब कुछ ठीक था।’ बादशाह के साथ शादी की तस्वीरें पोस्ट कीं, लिखा- तूफान एक सबक है इस क्रिप्टिक पोस्ट से कुछ दिन पहले ही ईशा ने बादशाह के साथ कुछ तस्वीरें और वीडियोज शेयर कर लिखा था, कुछ तूफान, सबक लेकर आता है और हर दुआ उम्मीद। ईशा की इस पोस्ट पर करीबी दोस्त जैस्मिन भसीन ने कमेंट कर उन्हें मजबूत बने रहने की सलाह दी थी। बता दें कि ईशा रिखी की पोस्ट सामने आने के बाद कई करीबी और दोस्त उनके समर्थन में पोस्ट शेयर कर रहे हैं। एक करीबी ने लिखा है, तुम जिस दौर से गुजर हो और अब भी गुजर रही हो, उसकी मैं गवाह हूं। मैं और तुम्हारे करीब रहने वाले बाकी लोग जानते हैं कि तुमने हर मुश्किल का सामना ईमानदारी, सच्चाई और पूरे आत्मसम्मान के साथ किया है। मजबूत बनी रहो, ईशा रिखी। हम तुम्हारे साथ हैं, और सच के साथ भी। वहीं एक ने लिखा, स्ट्रॉन्ग रहो, डर कर नहीं। एक करीबी ने लिखा, तुम बहुत स्ट्रॉन्ग और सुंदर हो। सोशल मीडिया के जरिए कन्फर्म की शादी सिंगर और रैपर बादशाह ने मार्च 2026 में ईशा से गुपचुप शादी की थी। इंटिमेट वेडिंग में कपल के करीबी ही शामिल हुए थे। बादशाह ने शादी को राज रखा, हालांकि ईशा रिखी ने सोशल मीडिया में रोमांटिक तस्वीर पोस्ट कर इस पर कन्फर्मेशन दी। वहीं ईशा ने एक फैन के सवाल का जवाब देते हुए बादशाह को पति देव कहा था। इससे पहले ईशा की मां ने उनकी और बादशाह की शादी की तस्वीरें पोस्ट कर दोनों को सोशल मीडिया पर शुभकामनाएं दी थीं। कौन हैं ईशा रिखी? तलाक के बाद बादशाह ने की ईशा से शादी बादशाह ने साल 2012 में जैस्मिन मसीह से शादी की थी। 2017 में बादशाह बेटी के पिता बने, लेकिन 3 साल बाद ही उनका तलाक हो गया। तलाक के 6 साल बाद बादशाह ने ईशा से दूसरी शादी की है। बादशाह ने फिलहाल कभी शादी पर बात नहीं की है।
सांसद और एक्ट्रेस कंगना रनोट ने नई पीढ़ी की भारतीय महिलाओं को गटर कहा है। कंगना का कहना है कि ये महिलाएं स्वतंत्र महिलाओं की नकल उतारते हुए नशे करने, शराब पीने और अनगिनत आदमियों से यौन संबंध बनाने को स्वतंत्रता कहती हैं। कंगना ने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट के स्टोरी सेक्शन से लिखा है, 'सबसे शर्मनाक बात उन युवा हिंदू महिलाओं का व्यवहार है, जो स्वतंत्र और करियर बनाने वाली महिलाओं की जिंदगी की नकल करना चाहती हैं, लेकिन उस आजादी के साथ आने वाली जिम्मेदारियों को नहीं निभाना चाहतीं। असल में स्वतंत्र महिलाएं विद्रोही फैसले लेती हैं, बेबाक राय रखती हैं, परंपराओं से हटकर करियर चुनती हैं और अपने हर फैसले की पूरी जिम्मेदारी भी उठाती हैं। उन्हें अपने कर्मों की कीमत खुद चुकानी पड़ती है। वे अपने माता-पिता या परिवार की कीमत पर ऐसा नहीं करतीं।' आगे कंगना ने लिखा, 'आज तथाकथित वेस्टर्न सोच से प्रभावित भारतीय महिलाओं की एक नई पीढ़ी सामने आई है। मैं इन्हें 'गटर जेनरेशन' कहती हूं। इनमें से कुछ के पास समाज को देने के लिए कुछ भी नहीं है। वे पढ़ाई में अच्छी नहीं हैं, लेकिन इतनी बदसूरत सोच और भ्रष्ट मानसिकता रखती हैं कि अच्छी हाउसवाइफ भी नहीं बन सकतीं।' 'इसके बावजूद वे अपनी तथाकथित आजादी का दिखावा करती हैं, नशा, शराब और अनगिनत यौन संबंधों को अपनी आजादी बताती हैं। बेशर्मी से अपने माता-पिता की कमाई पर पलती हैं और लगातार स्वतंत्र जीवन जीने की बातें करती हैं, जबकि वास्तव में वे आत्मनिर्भर होती ही नहीं। एक छोटी-सी याद दिला दूं, आजाद जीवन कमाना पड़ता है। अगर बिना जिम्मेदारी उठाए स्वतंत्र बनने की कोशिश करोगे, तो तुम सिर्फ एक विकृत मानसिकता वाले इंसान हो, 'गटर छाप'।' स्टूडेंट प्रोटेस्ट पर कहा था- कैसी परवरिश हो रही है भाजपा सांसद और एक्ट्रेस कंगना रनोट ने सोमवार को स्टूडेंट प्रोटेस्ट पर भी विवादित राय दी और नई जनरेशन की परवरिश पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने सोशल मीडिया से लिखा, ‘अपनी पूरी जिंदगी में मैंने कभी इतनी बदसूरती एक साथ नहीं देखी। Gen Z के विरोध-प्रदर्शनों की ये रीलें देखकर घिन आती है। इन लोगों के बोलने का तरीका और जिस भाषा का ये इस्तेमाल कर रहे हैं, वैसा मैंने पहले कभी नहीं देखा। हर फ्रेम इतना अजीब और परेशान करने वाला है कि देखकर घिन होती है। आखिर इन्हें जन्म कौन दे रहा है और इनकी परवरिश कौन कर रहा है?’ स्टूडेंट प्रोटेस्ट के खिलाफ भी दिए कई बयान कंगना रनोट ने सोशल मीडिया के जरिए स्टूडेंट प्रोटेस्ट का जमकर विरोध किया था। उन्होंने कहा कि किसी को पद से हटाने या रखने के लिए सरकार पर दबाव बनाना गलत है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक मुद्दों पर बहस के लिए संसद सही जगह है, न कि आंदोलन। कंगना ने कहा था की ये सब जंतर-मंतर पर हुड़दंग कर रहे हैं, उत्पात मचा रहे हैं। जिस तरह से आंदोलन चल रहा है वो ठीक नहीं है। दरअसल दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) छात्रों की मांगों के समर्थन में कई दिनों से प्रदर्शन कर रही है। इसके बाद जब प्रोटेस्ट खत्म हुआ तो कंगना ने प्रदर्शनकारियों की भाषा की आलोचना की।
बॉलीवुड की मशहूर 'ड्रीम गर्ल' और भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की वरिष्ठ नेता हेमा मालिनी पिछले 12 वर्षों से लगातार उत्तर प्रदेश की सांस्कृतिक नगरी मथुरा से सांसद चुनी जाती रही हैं। हाल ही में एक विशेष इंटरव्यू के दौरान उन्होंने अपने फिल्मी करियर से लेकर राजनीतिक सफर तक के अनसुने पन्नों को बेबाकी से खोला। हेमा मालिनी ने खुलासा किया कि जब उन्होंने सक्रिय राजनीति में कदम रखने का फैसला किया था, तब उनके पति और दिग्गज अभिनेता धर्मेंद्र इस फैसले के बिल्कुल खिलाफ थे। धर्मेंद्र का खुद राजनीति में जाने का अनुभव बहुत सुखद नहीं रहा था, इसलिए वे नहीं चाहते थे कि हेमा भी इस क्षेत्र में आएं।धर्मेंद्र को सताती थी हेमा की सुरक्षा की चिंता: रैलियों की भीड़ और उड़ानों से डरते थे 'ही-मैन'हेमा मालिनी ने बताया कि जब उन्होंने बीजेपी के लिए चुनाव प्रचार करना शुरू किया, तो पार्टी उन्हें देश के अलग-अलग राज्यों और दूर-दराज के इलाकों में भेजा करती थी। इन दौरों के दौरान धर्मेंद्र हर पल उनकी सुरक्षा को लेकर बेहद डरे और चिंतित रहते थे। धर्मेंद्र अक्सर हेमा से फोन पर पूछते थे कि क्या उन्हें वाकई यकीन है कि चुनावी रैलियों की उस विशाल भीड़ के बीच वे सुरक्षित हैं? सिर्फ जमीनी रैलियां ही नहीं, बल्कि चुनाव प्रचार के दौरान लगातार हेलीकॉप्टर से की जाने वाली यात्राओं को लेकर भी धर्मेंद्र काफी घबराए रहते थे। हालांकि, इन दौरों के दौरान ही हेमा मालिनी को आम जनता के बीच अपनी वास्तविक लोकप्रियता और उनके निश्छल प्रेम का गहरा अहसास भी हुआ।मां ने लिखा था पहला चुनावी भाषण, विनोद खन्ना बने राजनीति के मार्गदर्शकराजनीति में प्रवेश का पूरा श्रेय अपनी मां को देते हुए हेमा ने बताया कि शुरुआत में वे राजनीति में आने के बिल्कुल पक्ष में नहीं थीं। लेकिन उनकी मां ने उन्हें समझाया कि अटल बिहारी वाजपेयी और लाल कृष्ण आडवाणी के नेतृत्व में बीजेपी एक निष्ठावान और अच्छी पार्टी है। वहीं, बॉलीवुड अभिनेता विनोद खन्ना ने उन्हें राजनीति की राह में आगे बढ़ने का व्यावहारिक मार्गदर्शन दिया। हेमा मालिनी ने अपना पहला राजनीतिक भाषण 1999 के लोकसभा चुनाव के दौरान पंजाब के गुरदासपुर में विनोद खन्ना के समर्थन में दिया था। उस समय वे काफी घबराई हुई थीं, क्योंकि उन्हें राजनीतिक भाषा में बोलना नहीं आता था, तब उनकी मां ने ही हिंदी में उनका पहला भाषण लिखकर तैयार किया था।'चुनाव लडूंगी तो केवल मथुरा से ही': कान्हा की भक्ति में रखी थी यह खास शर्तमथुरा संसदीय सीट का प्रतिनिधित्व करने वाली हेमा मालिनी ने 2014, 2019 और हालिया 2024 के लोकसभा चुनावों में लगातार हैट्रिक लगाते हुए ऐतिहासिक जीत दर्ज की है। चुनावी राजनीति में उतरने को लेकर हेमा मालिनी की एक बहुत ही खास शर्त थी। उन्होंने स्पष्ट कर दिया था कि वे अगर चुनाव लड़ेगीं तो केवल और केवल मथुरा सीट से ही लड़ेगीं, क्योंकि वे भगवान श्री कृष्ण की परम भक्त हैं और मथुरा से उनका एक आत्मिक और आध्यात्मिक जुड़ाव है। शुरुआत में मथुरा सीट किसी अन्य उम्मीदवार के लिए आरक्षित रखी जा रही थी, लेकिन हेमा मालिनी की इस शर्त और अटूट श्रद्धा को देखते हुए अंततः पार्टी नेतृत्व ने यह सीट उन्हीं को सौंपी, जिसके बाद से वे लगातार क्षेत्र की सेवा कर रही हैं।
रियलिटी शो 'लॉक अप 2' इन दिनों दर्शकों के बीच चर्चा का केंद्र बना हुआ है, जहां कंटेस्टेंट्स अपनी जिंदगी से जुड़े एक से बढ़कर एक चौंकाने वाले राज से पर्दा उठा रहे हैं। शो के हालिया एपिसोड में कुछ ऐसा सामने आया जिसने न सिर्फ वहां मौजूद सभी कंटेस्टेंट्स बल्कि देश भर के दर्शकों को भी हैरान कर दिया है। लोकप्रिय अभिनेता राम कपूर ने अपनी निजी जिंदगी से जुड़ा एक ऐसा डार्क और इमोशनल सीक्रेट साझा किया है, जिसके बारे में जानकर हर कोई सन्न रह गया है। शो के टास्क के दौरान जब राम कपूर के सामने 'फादर' कीवर्ड आया, तो उन्होंने अपने पिता के आखिरी दिनों और उनकी मौत से जुड़ा वह सच बताया जिसे सुनकर किसी का भी दिल पसीज जाए।कोविड के दौरान पिता को हुआ था दोबारा कैंसर, मांगी थी मददशो में बात करते हुए राम कपूर ने बताया कि उनके पिता को 63 साल की उम्र में पैंक्रियाटिक कैंसर का पता चला था। हालांकि, उस समय कीमोथेरेपी के 18 लंबे सेशन के बाद वह ठीक हो गए थे और उन्होंने 73 साल की उम्र तक एक बेहतरीन जिंदगी जी। लेकिन इसके बाद कोरोना महामारी और लॉकडाउन के दौरान उनके पिता को एक बार फिर से कैंसर ने अपनी चपेट में ले लिया। उस वक्त राम के पिता सिंगापुर में थे और उन्होंने अपनी बहू यानी गौतमी कपूर को फोन करके राम से बात करने की इच्छा जताई थी। राम ने बताया कि उनके पिता ने पूरी तरह से यह तय कर लिया था कि अब उन्हें इस दुनिया से जाना है क्योंकि बीमारी और दर्द ने उन्हें तोड़ दिया था।'क्या तुम मुझे मरने में मदद कर सकते हो?' - राम का झकझोर देने वाला बयानराम कपूर ने आगे बेहद दर्द भरे शब्दों में बताया कि उनके पिता ने उनसे साफ तौर पर कहा था, 'क्या तुम मुझे मरने में मदद कर सकते हो?' अभिनेता का कहना था कि इस बात को सुनकर उनका पहला रिएक्शन किसी भी आम बेटे की तरह हैरान होने और इनकार करने का था। लेकिन उनके पिता ने उन्हें पूरी तरह से कन्विंस कर लिया कि अगर राम उनका साथ नहीं देंगे, तो उन्हें अकेले ही इस दुनिया से जाना पड़ेगा। पिता की इस जिद और दर्द को देखते हुए राम ने अस्पताल में उनके साथ भर्ती होने का फैसला किया। उन्होंने बताया कि वे दोनों आईसीयू में साथ रहे और किसी को नहीं पता था कि वहां कोई मेडिकल ट्रीटमेंट नहीं चल रहा है, बल्कि वह सिर्फ अपने पिता के आखिरी पलों में उनके साथ थे।मां और बहन आज भी नहीं करते बात, पिछले 5 साल से है खटासअपने इस फैसले के गंभीर नतीजों के बारे में बताते हुए राम कपूर ने खुलासा किया कि इस घटना के बाद से उनकी मां और बहन उनसे बेहद नाराज हैं। राम ने नम आंखों से बताया कि उनकी मां और बहन आज तक उनसे बात नहीं करते हैं और इस बात को 5 साल से ज्यादा का समय बीत चुका है। उन्होंने कहा कि परिवार के लोगों ने इसे इमोशनल तौर पर लिया, लेकिन उन्होंने वही किया जो एक बेटे को अपने पिता की आखिरी इच्छा पूरी करने के लिए करना चाहिए था। राम ने अंत में कहा कि उनके पिता ने राजा की तरह जिंदगी जी थी और वह राजा की तरह ही इस दुनिया से गए, जिसके बाद अब वह खुद मौत से बिल्कुल नहीं डरते हैं।
बॉलीवुड और पैतृक पंजाबी म्यूजिक इंडस्ट्री के जाने-माने रैपर और सिंगर बादशाह एक बार फिर अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर सुर्खियों में छा गए हैं। बादशाह और उनकी पत्नी, एक्ट्रेस ईशा रिखी के शादीशुदा रिश्ते में खटास और अलगाव की खबरें इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही हैं। इन तमाम चर्चाओं के बीच अब खुद ईशा रिखी ने आगे आकर इंस्टाग्राम पर एक लंबा-चौड़ा और बेहद इमोशनल नोट शेयर किया है, जिसके बाद से इंडस्ट्री में हलचल मच गई है। ईशा के इस खुलासे ने उनके फैंस को हैरान कर दिया है और इस पर लगातार प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।'मैं लंबे समय तक चुप रही क्योंकि मुझे डर था...'सोमवार शाम को सोशल मीडिया पर अपना दर्द बयां करते हुए ईशा रिखी ने लिखा कि वह अब तक इसलिए खामोश थीं क्योंकि उन्हें डर सता रहा था। ईशा ने अपने पोस्ट में खुलकर लिखा, 'कुछ लड़ाइयां ऐसी होती हैं जिनके कोई बाहरी निशान नहीं दिखाई देते। मैं लंबे समय तक चुप रही क्योंकि मुझे डर था। मेरे पति के पास जो प्रभाव, पावर और साधन थे, उनसे मैं घबरा गई थी और मैंने खुद को यह यकीन दिला लिया था कि चुप रहना ही मेरे लिए सबसे सुरक्षित रास्ता है।' उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनकी इस चुप्पी को कभी भी उनकी सहमति या सब कुछ ठीक होने का सबूत नहीं समझा जाना चाहिए, क्योंकि यह सिर्फ खुद को बचाने का एक जरिया था। ईशा के मुताबिक, अब वह डर को छोड़कर हिम्मत का रास्ता चुन रही हैं, हालांकि वह अभी पूरी कहानी बयां करने के लिए तैयार नहीं हैं।'हर तूफान एक सबक है' और पहले भी सामने आए थे संकेतयह सनसनीखेज पोस्ट उस घटना के कुछ ही दिनों बाद सामने आया है जब ईशा ने बादशाह के साथ बिताए गए खूबसूरत पलों का एक इमोशनल वीडियो मोंटाज सोशल मीडिया पर शेयर किया था। इस वीडियो क्लिप में उनकी शादी की निजी रस्मों के दृश्य भी शामिल थे और उसके साथ कैप्शन में लिखा गया था, 'हर तूफान एक सबक है। हर प्रार्थना एक उम्मीद है।' इस पोस्ट के बाद से ही ऑनलाइन दुनिया में दोनों के रास्ते अलग होने की अटकलें लगाई जाने लगी थीं। आपको बता दें कि इस साल की शुरुआत में ही बादशाह और ईशा रिखी ने एक बेहद निजी और गुप्त समारोह में शादी रचाई थी, जिसके बाद एक्ट्रेस की मां और खुद बादशाह ने AMA सेशन के दौरान इस रिश्ते पर मुहर लगाई थी। गौरतलब है कि ईशा से पहले बादशाह की शादी जैस्मिन मसीह से हुई थी, जिनसे साल 2020 में उनका तलाक हो चुका है और उनकी एक बेटी भी है।
साउथ सिनेमा के मेगास्टार थलापति विजय की बहुप्रतीक्षित और करियर की आखिरी फिल्म 'जन नायकन' (Jana Nayagan) ने बॉक्स ऑफिस पर धमाल मचाना शुरू कर दिया है। लंबे इंतजार और सेंसर बोर्ड के पेंच में फंसने के बाद आखिरकार 23 जुलाई 2026 को सिनेमाघरों में उतरी इस पॉलिटिकल एक्शन ड्रामा फिल्म को देखने के लिए थिएटर्स में दर्शकों का सैलाब उमड़ पड़ा है। ओपनिंग डे से ही बॉक्स ऑफिस पर रिकॉर्ड तोड़ कमाई करने वाली इस फिल्म ने अपना पहला वीकेंड बेहद धमाकेदार अंदाज में बिताया है। अब वीकडेज की शुरुआत यानी सोमवार के दिन फिल्म का मंडे टेस्ट कैसा रहा और इसने टिकट खिड़की पर कितने करोड़ का कारोबार किया, इसके ताजा आंकड़े सामने आ चुके हैं।मंडे टेस्ट में कैसी रही 'जन नायकन' की रफ्तार?वीकेंड पर तूफानी कमाई करने के बाद किसी भी फिल्म के लिए पहले सोमवार का दिन यानी मंडे टेस्ट सबसे बड़ा इम्तिहान माना जाता है। सैकनिल्क की शुरुआती रिपोर्ट के मुताबिक, रिलीज के पांचवें दिन यानी सोमवार को 'जन नायकन' के बॉक्स ऑफिस कलेक्शन में थोड़ी गिरावट जरूर दर्ज की गई है। कामकाजी दिन होने के कारण फिल्म ने सोमवार को लगभग 6.70 करोड़ रुपये से लेकर 7 करोड़ रुपये के आसपास का कारोबार किया है। वीकडेज के हिसाब से इस आंकड़े को काफी शानदार माना जा रहा है, जो यह साबित करता है कि थलापति विजय का क्रेज अभी भी दर्शकों के सिर चढ़कर बोल रहा है और फिल्म थिएटर्स में मजबूती से टिकी हुई है।130 करोड़ के पार पहुंचा भारत में कुल कारोबारसोमवार की इस कमाई को अगर जोड़ लिया जाए, तो 'जन नायकन' ने घरेलू बॉक्स ऑफिस पर बेहद कम दिनों में एक ऐतिहासिक मुकाम हासिल कर लिया है। फिल्म का कुल नेट इंडिया कलेक्शन अब बढ़कर 131.45 करोड़ रुपये हो गया है, जबकि इसका ग्रॉस इंडिया कलेक्शन लगभग 153.89 करोड़ रुपये के आंकड़े को पार कर चुका है। फिल्म ने शुरुआती चार दिनों में ही बॉक्स ऑफिस पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली थी और अब मंडे टेस्ट में भी पास होकर इसने यह दिखा दिया है कि आने वाले दिनों में यह फिल्म कई और बड़े रिकॉर्ड तोड़ने के लिए पूरी तरह तैयार है।फिल्म की स्टारकास्ट और शानदार मेकिंगएच. विनोथ के शानदार निर्देशन में बनी 'जन नायकन' एक हाई-वोल्टेज पॉलिटिकल एक्शन ड्रामा फिल्म है, जिसका निर्माण KVN प्रोडक्शंस के बैनर तले वेंकट के. नारायण द्वारा किया गया है। यह थलापति विजय के फिल्मी करियर की आखिरी फिल्म है, इसलिए उनके फैंस के लिए यह किसी बड़े इमोशनल उत्सव से कम नहीं है। फिल्म में थलापति विजय के अलावा बॉलीवुड अभिनेता बॉबी देओल, पूजा हेगड़े और ममिता बैजू मुख्य भूमिकाओं में नजर आ रहे हैं। इसके साथ ही नासर, प्रकाश राज, गौतम वासुदेव मेनन, नारायण और प्रियामणि जैसे दिग्गज कलाकारों ने अपनी बेहतरीन एक्टिंग से फिल्म में जान डाल दी है। सेंसर बोर्ड के चक्कर में लंबे समय तक अटकी रहने के बाद आखिरकार जुलाई में रिलीज हुई यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर नए मील के पत्थर स्थापित कर रही है।
बॉलीवुड की सबसे लोकप्रिय और सफल कॉमेडी फ्रैंचाइजी में शुमार 'धमाल' की चौथी किस्त यानी 'धमाल 4' (Dhamaal 4) सिनेमाघरों में दर्शकों को लोटपोट करने में कामयाब रही है। बिना किसी भारी-भरकम प्रमोशन के चुपचाप 10 जुलाई को थिएटर्स में रिलीज हुई इस मल्टीस्टारर फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर अपने 18 दिन सफलतापूर्वक पूरे कर लिए हैं। कई अन्य फिल्मों की मौजूदगी और कड़ी टक्कर के बावजूद अजय देवगन और रितेश देशमुख स्टारर इस फिल्म ने टिकट खिड़की पर अपनी मजबूत पकड़ बनाई रखी है। अब तीसरे हफ्ते के पहले दिन यानी सोमवार को फिल्म के कारोबार में एक बार फिर से बड़ा बदलाव देखने को मिला है, जिसके ताजा आंकड़े सामने आ चुके हैं।सोमवार के मंडे टेस्ट में कैसी रही 'धमाल 4' की रफ्तार?फिल्मी जानकारों और बॉक्स ऑफिस ट्रैकर्स के शुरुआती आंकड़ों के अनुसार, रिलीज के 18वें दिन यानी सोमवार को 'धमाल 4' के कलेक्शन में मामूली गिरावट जरूर दर्ज की गई है, जो कि वीकेंड के बाद आमतौर पर फिल्मों में देखी जाती है। सैकनिल्क की शुरुआती रिपोर्ट के मुताबिक, सोमवार को फिल्म ने लगभग 2.15 करोड़ रुपये का कारोबार किया है। वीकडेज शुरू होने के बावजूद फिल्म का यह कलेक्शन इस बात की गवाही देता है कि सिनेमाघरों में कॉमेडी प्रेमियों की भीड़ अभी भी बनी हुई है और फिल्म का कुल कारोबार उम्मीद के मुताबिक काफी बेहतर दिशा में आगे बढ़ रहा है।150 करोड़ क्लब में शामिल, दुनियाभर में बजा डंकाइस ताजा सोमवार की कमाई के साथ ही 'धमाल 4' ने घरेलू बॉक्स ऑफिस पर एक बहुत बड़ा और शानदार मील का पत्थर पार कर लिया है। फिल्म की कुल नेट इंडिया कमाई अब 150 करोड़ रुपये के आंकड़े को पार कर चुकी है, जबकि इसका ग्रॉस इंडिया कलेक्शन लगभग 179.25 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। इसके अलावा, अगर वर्ल्डवाइड कलेक्शन की बात करें तो इस फिल्म ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी दमदार प्रदर्शन करते हुए दुनिया भर में 200 करोड़ रुपये के जादुई आंकड़े को सफलतापूर्वक पार कर लिया है, जो मेकर्स के लिए एक बड़ी उपलब्धि है।स्टारकास्ट और इंद्र कुमार का सफल निर्देशनइंद्र कुमार के निर्देशन में बनी 'धमाल 4' में एक बार फिर से कॉमेडी का जबरदस्त डोज देखने को मिला है। फिल्म का निर्माण टी-सीरीज फिल्म्स, देवगन फिल्म्स, पैनोरमा स्टूडियो और मारुति इंटरनेशनल के बैनर तले किया गया है। यह बहुप्रतीक्षित फिल्म साल 2007 में आई 'धमाल', 2011 की 'डबल धमाल' और 2019 की ब्लॉकबस्टर 'टोटल धमाल' का आधिकारिक सीक्वल है। फिल्म की स्टारकास्ट की बात करें तो इसमें अजय देवगन, अरशद वारसी, रितेश देशमुख, जावेद जाफरी के अलावा रवि किशन, संजय मिश्रा, उपेन्द्र लिमये, अंजलि आनंद, संजीदा शेख और ईशा गुप्ता जैसे मंजे हुए कलाकार अपनी कॉमिक टाइमिंग से दर्शकों का भरपूर मनोरंजन कर रहे हैं।
OTT Release: 'रौतू का राज' से लेकर 'शर्मा जी की बेटी' तक, इस वीकेंड रिलीज हुईं ये फिल्में-वेब सीरीज
इस हफ्ते की फिल्में और वेब सीरीज ऐसी हैं जो वुमन एम्पावरमेंट पर खास फोकस रखती हैं. नेटफ्लिक्स से लेकर अमेजन प्राइम, जी5, सोनी लिव और डिज्नी प्लस हॉटस्टार पर ये रिलीज हुई हैं. लिस्ट जानने के लिए पढ़ें पूरी खबर...
'जिससे प्यार करो, उससे शादी मत करो', क्यों 50 साल की उम्र में नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने ये कहा
नवाजुद्दीन ने बताया जो खुशी आपको अपने काम से मिलती है वो कोई और चीज नहीं दे सकती. एक्टर के मुताबिक, अगर आप बहुत कुछ क्रिएटिव करना चाहते हो तो अकेले रहो. मन नहीं है तो मत करो शादी. नवाज ने बताया वो अकेले बहुत खुश हैं. उन्हें अकेलापन अच्छा लगता है.
शाहरुख खान से बातचीत हुई बंद, फरीदा जलाल बोलीं- मेरे बयान का गलत मतलब निकाला गया
इंडिया टुडे संग बातचीत में फरीदा जलाल ने कहा था कि शाहरुख खान ने शायद फोन नंबर बदल लिया है और नया नंबर मेरे पास है नहीं. इसलिए हम दोनों के बीच बात बंद हो गई है. दोनों का टच टूट गया है.

