78वें भारतीय सेना दिवस-2026 के अवसर पर देशव्यापी साइक्लिंग अभियान पर निकलीं राष्ट्रीय स्तर की एथलीट, पर्वतारोही और सोलो साइक्लिस्ट आशा मालवीय का ब्यावर पहुंचने पर जिला प्रशासन ने स्वागत किया। जिला कलेक्टर कम राम मीना ने उन्हें पुष्पगुच्छ भेंट कर अभिनंदन किया। इस अवसर पर जिला कलेक्टर मीना ने बताया कि आशा मालवीय दक्षिण पश्चिमी कमान, जयपुर से किबिथू (अरुणाचल प्रदेश) तक लगभग 7,800 किलोमीटर की राष्ट्रीय साइक्लिंग यात्रा पर हैं। उन्होंने कहा कि इस अभियान का उद्देश्य नारी शक्ति, देशभक्ति और अदम्य साहस का संदेश समाज के हर वर्ग तक पहुंचाना है। यह यात्रा उनके अनुशासन, दृढ़ इच्छाशक्ति और अटूट संकल्प का उदाहरण है। कलेक्टर मीना ने आशा के साहस एवं समर्पण की सराहना करते हुए कहा कि वे देश के युवाओं, विशेषकर महिलाओं के लिए प्रेरणास्रोत हैं। उन्होंने उनकी आगामी यात्रा के सुरक्षित एवं सफल संचालन की शुभकामनाएं दीं।आशा मालवीय ने इस राष्ट्रीय साइक्लिंग अभियान की शुरुआत 11 जनवरी को जयपुर से की थी। यह अभियान भारत के पश्चिमी छोर से पूर्वी छोर तक आयोजित किया जा रहा है। आशा मालवीय अब तक कई महत्वपूर्ण और चुनौतीपूर्ण साइक्लिंग अभियानों को सफलतापूर्वक पूरा कर चुकी हैं। इनमें असरवाला वॉर मेमोरियल (फाजिल्का) से जयपुर तक 800 किलोमीटर साइकिल रैली, भोपाल-पचमढ़ी सोलो साइकिल अभियान, सैनिकों के साथ, सैनिकों के लिए साइकिल अभियान, 17,500 किलोमीटर का राष्ट्रीय मिशन सशक्त सेना, समृद्ध भारत और 26,000 किलोमीटर का राष्ट्रीय महिला सशक्तिकरण साइकिल अभियान प्रमुख हैं। वे अब तक कुल लगभग 60,000 किलोमीटर की साइकिल यात्राएं पूर्ण कर चुकी हैं।
रेवाड़ी के गांव नेहरूगढ़ निवासी पर्वतारोही नरेंद्र यादव एक बार फिर एक रिकार्ड अपने नाम दर्ज करने का तैयार है। 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस पर वह दूसरी बार दक्षिणी अमेरिका की सर्वोच्च चोटी माउंट एकांकागुआ (6,962 मीटर) को फतेह करेंगे। इससे पहले 12 साल में नरेंद्र यादव 23 रिकार्ड अपने नाम दर्ज कर चुके हैं। अन्तर्राष्ट्रीय दल का करेंगे नेतृत्व सेवन समिट्स विजेता नरेंद्र यादव इस अभियान के दौरान पर्वतारोही के अन्तर्राष्ट्रीय दल का नेतृत्व करेंगे। 14 जनवरी 2026 को भारत से अर्जेंटीना के लिए प्रस्थान करेंगे। यह अभियान विश्व के विभिन्न देशों के अनुभवी पर्वतारोहियों की सहभागिता से संपन्न होगा। 26 जनवरी 2026 को एकांकागुआ शिखर पर तिरंगा फहराने का उनका संकल्प भारत की राष्ट्रीय भावना को अंतरराष्ट्रीय मंच पर मजबूती से प्रस्तुत करेगा। विश्व की सर्वोच्च चोटियां कर चुके फतेहनरेंद्र यादव सातों महाद्वीपों की सबसे ऊँची चोटियों पर सफल आरोहण करने वाले भारत के पहले युवा पर्वतारोही हैं। उन्होंने माउंट एवरेस्ट पर दो सफल चढाई की हैं, जिनमें एक चढ़ाई उन्होंने बिना किसी पूर्व अनुकूलन के मात्र छह दिनों में पूरी कर अंतरराष्ट्रीय पर्वतारोहण समुदाय को चौंका दिया। दिसंबर 2024 में उन्होंने 30 वर्ष और 10 दिन की आयु में सेवन समिट्स पूर्ण कर भारत के सबसे कम उम्र के पुरुष सेवन समिट्स पर्वतारोही बनकर इतिहास रच दिया।रन फॉर राम और अल्ट्रा मैराथन अभियान चलायानरेंद्र यादव आरएसएस स्वयंस्वेक और विश्व हिंदू परिषद जैसे संगठनों से सक्रिय रूप से जुड़े रहे हैं। उन्होंने “रन फॉर राम” नामक एक अनूठा अल्ट्रा मैराथन अभियान शुरू कर राष्ट्र के प्रति अपना समर्पण दिखाया। इसमें अब तक रामेश्वरम, सोमनाथ और बूढ़ा अमरनाथ से अयोध्या तक कुल 6,211 किलोमीटर की दूरी पूरी कर चुके हैं। अभियान में प्रतिदिन औसतन 51 किलोमीटर दौड़ते हैं। जिसे अंतिम चरण की दौड़ परशुराम कुंड (अरुणाचल प्रदेश) से अयोध्या तक वर्ष 2026 में प्रस्तावित है। एक्सप्लोरर्स ग्रैंड स्लैम को पूर्ण करना लक्ष्य नरेंद्र यादव का लक्ष्य एक्सप्लोरर्स ग्रैंड स्लैम को पूर्ण करना है। जिसमें सातों महाद्वीपों की सर्वोच्च चोटियों के साथ-साथ उत्तर और दक्षिण ध्रुव तक पहुंचना शामिल है। वह सातों महाद्वीपों के प्रमुख ज्वालामुखी पर्वतों पर आरोहण कर भारत का परचम वैश्विक मंच पर और अधिक ऊंचाइयों तक पहुंचाने की तैयारी में हैं। गणतंत्र दिवस 2026 पर उनका यह अभियान निश्चय ही भारत के गौरव को विश्व की ऊंचाइयों तक पहुंचाना है।
संगम नगरी प्रयागराज में आयोजित हो रहे धार्मिक माघ मेले में जहां एक ओर आस्था धारा बह रही है, वहीं दूसरी तरफ पर्यावरण संरक्षण का संदेश देने वाले भी पहुंच रहें है, माघ मेले के सेक्टर–5 में नेपाल से साइकिल चलाकर पहुंचे राम बाहुबली दास महाराज श्रद्धालुओं को प्रकृति से जुड़ने और पर्यावरण बचाने का संदेश दे रहे हैं। लोग उन्हें ‘एनवायरनमेंट मैन’ के नाम से भी जानते हैं। राम बाहुबली दास महाराज बीते कई वर्षों से साइकिल यात्रा के जरिए लोगों को पौधरोपण और उनकी बच्चों की तरह देखभाल करने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। अब तक वे करीब एक लाख किलोमीटर से अधिक की साइकिल यात्रा कर देश के कई राज्यों में लाखों पौधे बांट चुके हैं। इससे पहले महाकुंभ 2025 में भी उन्होंने श्रद्धालुओं को पौधे वितरित कर पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक किया था। माघ मेले में साधु-संतों और श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बीच राम बाहुबली दास महाराज अपनी अनोखी पहल के चलते अलग नजर आ रहे हैं। वे श्रद्धालुओं को न सिर्फ पौधे दे रहे हैं, बल्कि उनसे संकल्प भी दिला रहे हैं कि वे एक पौधा लेकर उसके बदले 11 पेड़ जरूर लगाएंगे। इस दौरान वे सिंदूर, कपूर, तेजपत्ता समेत औषधीय गुणों वाले पौधे भी वितरित कर रहे हैं। राम बाहुबली दास महाराज की यह साइकिल यात्रा अरुणाचल प्रदेश स्थित परशुराम कुंड के महेंद्रांचल पर्वत से शुरू होकर नेपाल के लुंबिनी होते हुए प्रयागराज के माघ मेले तक पहुंची है। उनकी यात्रा का मूल संदेश है—‘प्रकृति से परमात्मा की ओर’। वे बताते हैं कि आज नदियों और प्रकृति के प्रति लोगों की संवेदनशीलता कम हो रही है, जिसे जन-जागरूकता के जरिए बढ़ाना बेहद जरूरी है। उन्होंने बताया कि वे अपने गुरु स्वर्गीय स्वामी ज्ञान स्वरूप सदानंद की स्मृति में यह मुहिम चला रहे हैं, जिनका 2018 में गंगा की अविरलता के लिए अनशन करते हुए देहांत हो गया था। उनका कहना है कि ये पौधे उनके शिष्य हैं और गंगा को स्वच्छ व प्रकृति को सुरक्षित रखना ही उनका उद्देश्य है।
अरुणाचल प्रदेश के रोइंग में आयोजित होने वाली आगामी नेशनल माउंटेन टेरेन बाइक (MTB) चैंपियनशिप के लिए पंजाब की टीम का चयन 29 जनवरी को पटियाला में किया जाएगा। साइक्लिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (CFI) की एड-हॉक समिति द्वारा यह 'ओपन चयन ट्रायल' आयोजित किए जा रहे हैं। ट्रायल का स्थान और समय: यह ट्रायल पटियाला-सरहिंद रोड पर स्थित गांव कालवा (निकट गांव बारन) की जागो-अकाल अकादमी रोड पर संपन्न होंगे।इन ट्रायलों में केवल पंजाब के मूल निवासी खिलाड़ी ही भाग ले सकते हैं। प्रतियोगिता की तीन श्रेणियां बनाई गई हैं। आयु वर्ग और पात्रता: अनिवार्य दस्तावेज: ट्रायल के लिए खिलाड़ियों को अपना पंजाब निवास प्रमाण पत्र (Domicile), आधार कार्ड और दो पासपोर्ट साइज फोटो साथ लाना अनिवार्य है। अनधिकृत ट्रायलों से सावधान रहने की चेतावनी: CFI की एड-हॉक समिति के अध्यक्ष व संयुक्त सचिव शैलेंद्र पाठक ने स्पष्ट किया कि पंजाब में साइक्लिंग गतिविधियों और ट्रायल के आयोजन का अधिकार केवल इसी समिति के पास है। उन्होंने खिलाड़ियों को चेतावनी दी कि किसी अन्य संस्था या व्यक्ति द्वारा कराए जा रहे ट्रायल अमान्य होंगे। समिति ने 25 दिसंबर 2025 को कार्यभार संभाला था और वह खिलाड़ियों के पारदर्शी चयन के लिए प्रतिबद्ध है। संपर्क सूत्र: अधिक जानकारी या पूछताछ के लिए खिलाड़ी एड-हॉक समिति के सदस्य मनीष सावनी से मोबाइल नंबर 94639-09616 पर संपर्क कर सकते हैं।
अरुणाचल पर चीन का दावा भाजपा की गलती का नतीजा
चीन ने अपनी विस्तारवादी नीति और हड़पने वाली नीयत का परिचय देते हुए फिर से अरुणाचल प्रदेश को अपना हिस्सा बताया है
Bigg Boss 18 : चुम दरांग को मिला अरुणाचल प्रदेश के सीएम का सपोर्ट
सलमान खान का पॉपुलर रियलिटी शो 'बिग बॉस 18' अपने अंतिम दौर में पहुंच गया है। हर कोई इस सीजन का विनर बनने के लिए पूरा जोर लगा रहा है। इन दिनों शो में 'टिकट टू फिनाले' टास्क चल रहा है। इस टास्क में विवियन डीसेना और चुम दरंग आमने-सामने खड़े हैं। वहीं ...

