अरुणाचल प्रदेश के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल के.टी. परनाइक (रिटायर्ड) ने शनिवार को नीट के ग्रेजुएट्स से देश की जरूरतों के हिसाब से एक मजबूत प्रॉब्लम-सॉल्विंग माइंडसेट बनाने की अपील की
मुरकंगसेलेक-सिल्ले नई रेल लाइन पर ट्रेन परिचालन को सीआरएस की मंजूरी
15.70 किमी लंबे नवनिर्मित सेक्शन पर 110 केएमपीएच की गति से चलेंगी ट्रेनें, अरुणाचल प्रदेश में रेल कनेक्टिविटी को मिलेगा बढ़ावा।
सीनियर विमेंस वनडे ट्रॉफी में छत्तीसगढ़ सीनियर महिला टीम ने नया इतिहास रच दिया है। BCCI की ओर से आयोजित इस टूर्नामेंट में छत्तीसगढ़ ने अपना 7वां और आखिरी लीग मुकाबला बड़ोदरा में बंगाल के खिलाफ खेला और 5 विकेट से जीत दर्ज की। इस जीत के साथ छत्तीसगढ़ ने लगातार सभी 7 लीग मैच जीतते हुए पहली बार क्वार्टर फाइनल के लिए क्वालिफाई कर लिया। लगातार शानदार प्रदर्शन के बाद छत्तीसगढ़ महिला टीम अब 22 फरवरी 2026 को क्वार्टर फाइनल में मुंबई से मुकाबला करेगी। पहले बल्लेबाजी करते हुए बंगाल 197 रन पर सिमटी छत्तीसगढ़ ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी चुनी। पहले बल्लेबाजी करते हुए बंगाल की टीम ने 50 ओवर में 9 विकेट खोकर 197 रन बनाए। बंगाल की ओर से मीता पॉल ने शानदार 76 रन की पारी खेली। उनके अलावा टी. सरकार ने 34 रन, सजता डे ने 24 रन और प्रतीवा ने 21 रन का योगदान दिया। छत्तीसगढ़ की गेंदबाजी में महक नरवसे ने 3 विकेट लिए, जबकि प्रीति यादव और श्रेया श्रीवास ने 2-2 विकेट झटके। कप्तान कृति गुप्ता की नाबाद पारी से आसान जीत 198 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए छत्तीसगढ़ की टीम ने 48.3 ओवर में 5 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। कप्तान कृति गुप्ता ने नाबाद 54 रन की मैच जिताऊ पारी खेली। महक नरवसे ने 42 रन बनाए, शिल्पा साहू ने 26 रन और कुमुद साहू ने 22 रन जोड़े। बंगाल की ओर से बिदिशा डे को 2 विकेट मिले। महक नरवसे बनीं प्लेयर ऑफ द मैच ऑलराउंड प्रदर्शन के लिए महक नरवसे को प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। उन्होंने 42 रन बनाने के साथ-साथ 3 अहम विकेट भी हासिल किए। पॉइंट्स टेबल में छत्तीसगढ़ टॉप पर पॉइंट्स टेबल के अनुसार, एलीट ग्रुप-बी में छत्तीसगढ़ ने 7 मैच खेले और सभी 7 मुकाबले जीतकर 28 अंक हासिल किए। टीम का नेट रन रेट पॉजिटिव रहा और छत्तीसगढ़ ग्रुप में पहले स्थान पर रहा। राजस्थान 24 अंकों के साथ दूसरे, बंगाल 20 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर रहा। अरुणाचल प्रदेश एक भी मैच नहीं जीत सका और अंतिम स्थान पर रहा।
अरुणाचल-नागालैंड में जंगल की आग पर सेना-वायुसेना का युद्धस्तरीय ऑपरेशन
अरुणाचल प्रदेश और नागालैंड के जंगल में आग बुझाने का काम युद्धस्तर पर जारी है। भारतीय सेना और वायुसेना भी इस ऑपरेशन में जुटी हुई है
सूर्य ग्रहण बीता, भारत में नहीं दिखा, अब 3 को चंद्रग्रहण
मंगलवार को सूर्य ग्रहण पड़ा, लेकिन यह भारत में कहीं भी दिखाई नहीं दिया। इसलिए धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इसका देश पर कोई प्रभाव नहीं माना गया। अब अगली प्रमुख खगोलीय घटना 3 मार्च, मंगलवार को फाल्गुन शुक्ल पूर्णिमा के दिन होने वाला खग्रास चंद्रग्रहण है। यह चंद्रग्रहण भारत के अधिकांश हिस्सों में ग्रस्तोदय रूप में दिखाई देगा। यानी जब चंद्रमा उदय होगा, तब उस पर पहले से ग्रहण लगा रहेगा। ज्योतिषविद और मेवाड़ विजय पंचांग के संपादक डॉ. रवि शर्मा ने बताया कि उदयपुर में शाम 6:39 बजे चंद्रोदय होगा, जबकि ग्रहण अवधि 8 मिनट रहेगी। उपच्छाया का अंत दिखाई देगा। चंद्र ग्रहण को राजस्थान और गुजरात के पश्चिमी भागों के कुछ क्षेत्रों को छोड़कर लगभग पूरा देश इसे देख सकेगा। अरुणाचल प्रदेश, असम, नागालैंड और मणिपुर के कुछ हिस्सों में, जहां चंद्रोदय शाम 5:33 बजे से पहले होगा, वहां पूर्ण (खग्रास) अवस्था दिखाई दे सकती है। शेष भारत में यह खंडग्रास रूप में नजर आएगा। दुनिया भर में देखा जा सकेगा, विशेषज्ञ बोले- कुछ राशियों में धन हानि व खर्च बढ़ने के संकेत चंद्रग्रहण का सूतक सामान्यतः नौ घंटे पहले से माना जाता है, लेकिन चूंकि यह ग्रहण ग्रस्तोदय है, इसलिए 3 मार्च को सूर्योदय से ही सूतक मान्य होगा। सूतक काल में धार्मिक लोग भोजन से परहेज रखते हैं, हालांकि बच्चे, बुजुर्ग और बीमारों को छूट दी गई है। ज्योतिषीय दृष्टि से यह ग्रहण पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र और सिंह राशि में हो रहा है। इसलिए सिंह राशि और इस नक्षत्र के जातकों के लिए इसे विशेष रूप से प्रभावी माना गया है। ऐसे लोगों को जप, पाठ, दान और स्नान जैसे उपाय करना चाहिए। यह ग्रहण रूस, चीन, जापान, बांग्लादेश, नेपाल, वियतनाम, फिलीपिन्स, मलेशिया, इंडोनेशिया, ऑस्ट्रेलिया, उत्तरी व दक्षिणी अमेरिका, पूर्वी यूरोप तथा प्रशांत, अटलांटिक और आर्कटिक महासागर क्षेत्रों में भी देखा जा सकेगा। उपच्छाया प्रवेश : दोपहर 2:13 बजे ग्रहण प्रारंभ (स्पर्श) : 3:20 बजे खग्रास प्रारंभ : 4:34 बजे मध्यकाल : 5:05 बजे खग्रास समाप्त : 5:33 बजे मोक्ष : 6:48 बजे उपच्छाया अंत : 7:55 बजे -भारतीय समय के अनुसार प्रभाव : आपदाओं और अनाज के दाम में बढ़त भी संभव : ज्योतिषविद डॉ. शर्मा ने आने वाले चंद्रग्रहण के प्रभाव भी बताए हैं। उनके अनुसार कुछ राशियों में धन हानि और खर्च बढ़ने के संकेत हैं। स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों के अलावा दुर्घटना, अग्निकांड या प्राकृतिक आपदाओं की आशंका रहेगी। कपास, रूई, नमक, जौ, चना और गेहूं के दामों में तेजी के संकेत हैं।
अरुणाचल पर चीन का दावा भाजपा की गलती का नतीजा
चीन ने अपनी विस्तारवादी नीति और हड़पने वाली नीयत का परिचय देते हुए फिर से अरुणाचल प्रदेश को अपना हिस्सा बताया है

