मध्य प्रदेश पर्यटन प्रश्नोत्तरी 2026 शीर्ष टीमों ने मुफ्त टूर पैकेज जीते, साथ ही छात्रों के लिए पर्यटन क्षेत्र में कर
भारतीय रेल से रोजाना सफर करने वाले करोड़ों आम यात्रियों के लिए रेलवे प्रशासन ने एक ऐतिहासिक और बहुप्रतीक्षित कल्याणकारी कदम उठाया है। अब तक आईआरसीटीसी (IRCTC) की आधिकारिक वेबसाइट या मोबाइल ऐप से ऑनलाइन ई-टिकट बुक करने वाले यात्रियों को ही टिकट बुकिंग के दौरान मात्र 45 पैसे (0.45 रुपये) के मामूली प्रीमियम पर ₹10 लाख तक के यात्रा दुर्घटना बीमा (Optional Travel Insurance) का विकल्प मिलता था। रेलवे स्टेशन के आरक्षण काउंटरों (PRS Counters) से कागजी टिकट खरीदने वाले यात्री इस महत्वपूर्ण सामाजिक सुरक्षा कवच से वंचित रह जाते थे। इस भेदभाव को समाप्त करते हुए रेलवे ने आज से पूरे देश में कंप्यूटराइज्ड पैसेंजर रिजर्वेशन सिस्टम (PRS) काउंटरों से खरीदे जाने वाले आरक्षित टिकटों पर भी इस 45 पैसे वाले वैकल्पिक यात्रा बीमा को आधिकारिक तौर पर लागू कर दिया है।मात्र 45 पैसे के प्रीमियम में क्या-क्या मिलता है? कवरेज का पूरा ब्योराभारतीय रेलवे द्वारा अधिकृत बीमा कंपनियों के साथ मिलकर संचालित की जा रही इस योजना का उद्देश्य किसी भी अप्रत्याशित ट्रेन दुर्घटना या अप्रिय घटना (आतंकी हमला, डकैती, उपद्रव या पटरी से उतरने) की स्थिति में यात्री और उसके परिवार को त्वरित वित्तीय संबल प्रदान करना है। 45 पैसे की इस नाममात्र राशि में मिलने वाला कवरेज इस प्रकार है:मृत्यु होने पर (Accidental Death): रेल हादसे में दुर्भाग्यपूर्ण मृत्यु होने की स्थिति में मृतक यात्री के नामांकित व्यक्ति (Nominee) या कानूनी वारिस को ₹10,00,000 (10 लाख रुपये) का एकमुश्त बीमा क्लेम दिया जाता है।पूर्ण स्थायी दिव्यांगता (Permanent Total Disability): दुर्घटना के कारण दोनों हाथ, दोनों पैर, दोनों आंखें खोने या पूरी तरह अपंग होने पर पीड़ित यात्री को ₹10,00,000 (10 लाख रुपये) की पूरी बीमा राशि का भुगतान होता है।आंशिक स्थायी दिव्यांगता (Permanent Partial Disability): एक आंख की रोशनी जाने, एक हाथ या एक पैर गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त होने जैसी आंशिक स्थायी विकलांगता की स्थिति में ₹7,50,000 (साढ़े 7 लाख रुपये) तक का मुआवजा मिलता है।अस्पताल में इलाज का खर्च (Hospitalization Expenses): गंभीर चोट लगने पर अस्पताल में भर्ती होने और उपचार के लिए ₹2,00,000 (दो लाख रुपये) तक का कैशलेस या रीइंबर्समेंट मेडिकल कवरेज उपलब्ध कराया जाता है।पार्थिव शरीर का परिवहन (Transportation of Mortal Remains): दुर्घटनास्थल से मृतक के पार्थिव शरीर को उसके गृह नगर तक पहुंचाने के लिए ₹10,000 तक की अतिरिक्त वित्तीय सहायता भी इस पॉलिसी में शामिल रहती है।काउंटर टिकट पर कैसे मिलेगा यह बीमा? समझिए बुकिंग प्रक्रियारेलवे स्टेशन के काउंटर से टिकट बनवाते समय इस सुविधा का लाभ लेना बेहद आसान और पारदर्शी बनाया गया है:आरक्षण फॉर्म में टिक करें: काउंटर पर मिलने वाले रिजर्वेशन फॉर्म में अब 'क्या आप यात्रा बीमा का विकल्प चुनना चाहते हैं? (Do you want to opt for Travel Insurance?)' का स्पष्ट कॉलम जोड़ दिया गया है। यात्री को वहां 'हाँ (Yes)' पर टिक करना होगा।मोबाइल नंबर अनिवार्य: टिकट बुक करते समय फॉर्म में अपना सही और चालू मोबाइल नंबर दर्ज करना अनिवार्य होगा, क्योंकि बीमा पॉलिसी का सीधा लिंक और यूनीक पॉलिसी नंबर उसी मोबाइल पर एसएमएस के जरिए भेजा जाएगा।टिकट पर दर्ज होगा शुल्क: टिकट प्रिंट होते ही उसमें प्रति यात्री मात्र 45 पैसे का अतिरिक्त शुल्क जुड़ जाएगा और टिकट पर 'Travel Insurance Opted' स्पष्ट रूप से छपकर आएगा।नॉमिनी (Nominee) की जानकारी दर्ज करना सबसे जरूरी: ऐसे करें अपडेटबीमा लेना जितना जरूरी है, उतना ही महत्वपूर्ण नॉमिनी का विवरण भरना है। यदि नॉमिनी का नाम दर्ज नहीं होता है, तो भविष्य में क्लेम के समय कानूनी उत्तराधिकार प्रमाण पत्र (Succession Certificate) बनवाने में परिजनों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।काउंटर से टिकट कटने के कुछ ही मिनटों के भीतर यात्री के रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर संबंधित बीमा कंपनी (जैसे एसबीआई जनरल, लिबर्टी जनरल या आईसीआईसीआई लोम्बार्ड) की ओर से एक एसएमएस प्राप्त होगा।उस एसएमएस में एक सुरक्षित वेब लिंक (URL) और पॉलिसी नंबर दिया रहेगा।लिंक पर क्लिक करके यात्री को बीमा कंपनी के पोर्टल पर जाना होगा और वहां अपने पीएनआर (PNR) व मोबाइल नंबर के जरिए लॉगिन करके अपने नॉमिनी का नाम, संबंध और आयु दर्ज कर सबमिट करना होगा। यह प्रक्रिया यात्रा शुरू होने से पहले किसी भी समय पूरी की जा सकती है।किन स्थितियों में मान्य होगा क्लेम और कब नहीं मिलेगा लाभ?रेलवे यात्रा बीमा के नियम बहुत स्पष्ट हैं:यात्रा अवधि की सीमा: यह बीमा यात्री द्वारा अपने बोर्डिंग स्टेशन पर ट्रेन में सवार होने के समय से शुरू होकर गंतव्य स्टेशन पर उतरने तक (या ट्रेन से उतरने के तय समय तक) ही प्रभावी रहता है।किन हादसों पर लागू: यह केवल रेलवे अधिनियम, 1989 की धारा 123 और 124 के तहत परिभाषित रेल दुर्घटनाओं, रेलगाड़ी के टकराने, डिरेलमेंट, आतंकी घटनाओं या ट्रेन के भीतर हिंसक उपद्रव के कारण होने वाली शारीरिक क्षति पर ही लागू होता है।कब नहीं मिलेगा क्लेम: चलती ट्रेन की छत या पायदान (Footboard) पर यात्रा करने, बिना टिकट सफर करने, आत्महत्या या खुद को पहुंचाई गई चोट, नशा करके ट्रेन से गिरने या रेलवे ट्रैक पार करते समय होने वाले हादसों को इस पॉलिसी के तहत कवर नहीं किया जाता है। इसके अलावा 5 वर्ष से कम उम्र के वे बच्चे जिनका अलग से टिकट नहीं लिया गया है, वे इस बीमा के दायरे में नहीं आते।क्लेम की प्रक्रिया: परिजनों को क्या करना होगा?दुर्घटना की स्थिति में क्लेम सेटलमेंट को बेहद तेज और कागजी औपचारिकता-मुक्त रखने के निर्देश दिए गए हैं:रेल हादसे की सूचना मिलने पर संबंधित रेलवे मंडल द्वारा जारी दुर्घटना प्रमाणपत्र (Railway Accident Certificate), अस्पताल के डिस्चार्ज/इलाज के मूल बिल या मृत्यु प्रमाण पत्र की आवश्यकता होती है।दावेदार (नॉमिनी) को संबंधित बीमा कंपनी के टोल-फ्री नंबर या वेबसाइट पर जाकर पीएनआर नंबर के साथ क्लेम दर्ज करना होता है।सभी जरूरी दस्तावेज जमा होने के 15 कार्यदिवसों के भीतर बीमा कंपनी को सीधे नॉमिनी के सत्यापित बैंक खाते में एनईएफटी (NEFT) के जरिए क्लेम राशि ट्रांसफर करनी अनिवार्य होती है। स्टेशन काउंटर से टिकट लेने वाले यात्रियों के लिए यह 45 पैसे का निवेश उनके परिवार की आर्थिक सुरक्षा के लिहाज से एक वरदान साबित होगा।
वर्मा ट्रैवल्स के कारण भोपाल आईएसबीटी से सभी प्राइवेट बसें हटाई जाएंगी
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मुंगेर के रत्नेश्वर नाथ मंदिर को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने के लिए बिहार सरकार ने 9.95 करोड़ रुपये स्वीकृत किए हैं।
2026 की पहली तीन तिमाहियों में चीन में घरेलू पर्यटन यात्राओं की संख्या 5.3 अरब से अधिक
2026 की पहली तीन तिमाहियों में चीन में घरेलू पर्यटन यात्राओं की संख्या 5.3 अरब से अधिक
ग्रामीण पर्यटन : किलों और महलों से आगे बढ़ता राजस्थान
पर्यटन आज केवल यात्रा या मनोरंजन का साधन मात्र नहीं रह गया है; यह आर्थिक स्वावलंबन, स्थानीय उद्यमिता और व्यापक सामाजिक बदलाव का एक अत्यंत सामर्थ्यवान माध्यम बन चुका है। राजस्थान वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर सदैव आकर्षण का केंद्र रहा है। यहाँ के विशाल किले, हेरिटेज संपदाएँ और मरुस्थलीय सौंदर्य देश-दुनिया के पर्यटकों को लुभाते रहे हैं।
पर्यटक आवाज और टेक्स्ट दोनों के जरिए सवाल पूछ सकेंगे और अपनी भाषा में ही पर्यटन स्थल की जानकारी, इतिहास, धार्मिक महत्व, परिवहन और होटल से जुड़ी जानकारी ले सकेंगे।
Winter Travel Calendar: पुष्कर मेले से Kite Festival तक, सर्दियों के 4 प्रमुख उत्सव
सर्दियों के मौसम में घूमने का एक अलग ही मजा होता है। इस दौरान लोग कहीं न कहीं ट्रिप का प्लान करते हैं। भारत में नवंबर से फरवरी के बीच हर तरफ अलग ही रौनक देखने को मिलती है। विंटर सीजन के समय कहीं रेगिस्तान में ऊंटों का मेला लगता है, तो कहीं आसमान रंग-बिरंगी पतंगों से भर जाता है। यदि आप इस बार सर्दी की छुट्टियों में सिर्फ पुरानी इमारतें देखने के जगह कुछ अलग और खास एक्सपीरियंस कर सकते हैं। आइए आपको ट्रैवल का प्लान बताते हैं। भारत के 4 शानदार फेस्टिवल डेस्टिनेशंस इस लेख में हम आपको बताएंगे कि 4 ऐसे शानदार फेस्टिवल डेस्टिनेशंस के बारे में, जहां आपको कम से कम एक बार जरुर जाना चाहिए। आइए आपको बताते है- पुष्कर कैमल फेयर, राजस्थान (नवंबर) हर साल अक्टूबर-नवंबर में राजस्थान के पुष्कार में 5 दिनों का पुष्कर मेला लगता है। यह दुनिया का सबसे बड़ा मवेशी मेलों में से एक हैं। यहां आपको रंग-बिरंगे बाजार, लोक संगीत और राजस्थानी कल्चर का खूबसूरत रुप देखने को मिलता है। असल में यहां पर केवल जानवर खरीदे और बेचे नहीं जाते बल्कि मटका फोड़ने, सबसे लंबी मूंछें दिखाने और दुल्हन की तरह सजने जैसे कई मजेदार कॉम्पिटिशन भी होते हैं। यहां तक कि लोकल पुष्कर क्लब और बाहर से आए विदेशी पर्यटकों के बीच फुटबॉल मैच भी खेला जाता है। यहां पर आप पुष्कर झील और भगवान ब्रह्मा के मशहूर मंदिर देखने जरुर जाएं। कब जाएं- मेला 17 से 24 नवंबर 2026 के बीच आयोजित होगा। ट्रैवल टिप- मेले के आसपास की जगहों पर रुके और सुबह-सुबह घूमने निकलें। इस दौरान फोटो अच्छी आएगी और मेला में रौनक देखने को मिलेगी। कोणार्क डांस फेस्टिवल, ओडिशा (दिसंबर) असल में इस डांस फेस्टिवल की शुरुआत गुरु गंगाधर प्रदान ने कोर्णाक ने 1986 में की थी, जो आज भारत के सबसे बड़े क्लवासिकल डांस फेस्टिवल में से एक है। ओडिशा टूरिज्म की तरफ से होने वाले इस 5 दिनों के इवेंट में देशभर से बेस्ट डांसर्स हिस्सा लेने आते हैं। यहां पर कोर्णाक सूर्य मंदिर के समाने स्टेज पर ओडिसी, भरतनाट्यम, कत्थक, कुचिपुड़ी, मोहिनीअट्टम और मणिपुरी जैसे शानदार डांस शो देखने को मिलते हैं। कब जाएं- यह फेस्टिवल 1 से 5 दिसंबर 2026 तक चलेगा। ट्रैवल टिप- कोर्णाक के सबसे नियर भुवनेश्वर एयरपोर्ट है, जो यहां से करीब 65 किलोमीटर दूर है। आप कोर्णाक के साथ ही पुरी और भुवनेश्वर का घूमने का प्लान बना सकती है। जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल, राजस्थान (जनवरी) यदि आपको किताबें पढ़ने और नई-नई बातें जानने का बेहद शौक है, तो जयपुर का लिटरेचर फेस्टिवल जरुर जाएं। यहां पर दुनिया भर के लेखकों, कवियों, इतिहासकारों और पत्रकारों का ठिकाना बना रहता है। यहां पर किताबों, राजनीति, इतिहास, साइंस और समाज से संबंधित टॉपिक्स पर बातचीत होती है। वहीं, आप किताबों की दुकानों को एक्सप्लोर कर सकती हैं। बाद में आप जयपुर के बाजारों में घूम सकते हैं। कब जाएं- साल 2027 में यह फेस्टिवल 14 से 18 जनवरी के बीच जयपुर में होगा। ट्रैवल टिप- जाने से पहले पूरा प्रोग्राम देख लें और अपना रजिस्ट्रेशन जरुर कराएं। अंतर्राष्ट्रीय पतंग महोत्सव और मकर संक्रांति, गुजरात (जनवरी) हर सार गुजरात में मकर संक्रांति को उत्तरायण कहते हैं। इस अवधि में पूरा गुजरात अपनी-अपनी छतों पर होता है और पतंगबाजी की घूम मची रहती है। वहीं, अहमदाबाद के साबरमती रिवरफ्रंट पर इंटरनेशनल काइट फेस्टिवल मनाया जाता है। यहां आसमान में उड़ती रंग-बिरंगी पतंगों के साथ ही खाना भी एकदम जबरदस्त मिलता है। कब जाएं- 10 से 14 जनवरी 2027 के बीच साबरमती रिवरफ्रंट पर यह फेस्टिवल चलेगा। ट्रैवल ट्रिप- अहमदाबाद रुकने के लिए होटल की बुकिंग पहले से ही कर लें। धूप से बचने के लिए टोपी पहनें और पक्के या कांच वाले मांझे से थोड़ा दूर रहे, जिससे चोट न लगे।
नीदरलैंड की महिला ट्रैवलर ने हरियाणा में अनुभव किया ‘अतिथि देवो भव’,
नीदरलैंड की महिला ट्रैवलर ने हरियाणा में अनुभव किया ‘अतिथि देवो भव’,
आरटीआई से खुलासा हुआ है कि 10 साल से यूनेस्को की टेंटेटिव सूची में शामिल चंदेरी साड़ी का मध्य प्रदेश पर्यटन बोर्ड के पास कोई आधिकारिक रिकॉर्ड ही मौजूद नहीं है।
Travel Tips: नवंबर में घूमने के लिए बहुत ही शानदार हैं ये जगह, आ जाएगा आपको मजा
इंटरनेट डेस्क। नवंबर महीने की शुरूआत होने वाली हैं, इसी महीने से त्योहारी सीजन भी आ चुका है। ऐसे में आपका भी अगर कही घूमने जाने का प्लॉन बन रहा हैं तो अच्छी बात है। वैसे आज हम भी आपको कुछ ऐसी जगहों के बारे में बताएंगे जहां आप आराम से घूम सकते हैं और एंजोय कर सकते है। गंगटोक, सक्किमि आपको इस बार घूमने के लिए गंगटोक जाना चाहिए। आप यहां नेचर की खूबसूरती के बहुत करीब होंगे। नॉर्थ ईस्ट के इस हिल स्टेशन में आप बादलों से ढके ऊंचे-ऊंचे पहाड़ों, हरे-हरे घास के मैदानों का शानदार नजारा देख सकते हैं। आप यहां पर दुनियां के तीसरे सबसे ऊंचे पर्वत कंचनजंगा भी जा सकते हैं। चकराता, उत्तराखंड उत्तराखंड का चकराता भी एक बेहद खूबसूरत हिल स्टेशन है। इसकी ऊंचाई समुद्र तल से 2000 मीटर है। यहां की नेचुरल ब्यूटी और शांत वातावरण लोगों को खूब पसंद आता है। आधे सितंबर से लेकर अक्टूबर के महीने में यहां के पहाड़ बादलों से घिरे रहते हैं। pc- indiasinvitation.com
ओम बिड़ला और थाईलैंड सीनेट अध्यक्ष की मुलाकात, व्यापार, पर्यटन और रक्षा सहयोग पर हुई चर्चा
New Delhi, 27 अक्टूबर . Lok Sabha अध्यक्ष ओम बिड़ला ने Tuesday को New Delhi में थाईलैंड की सीनेट के अध्यक्ष मोंगकोल सुरासज्जा से मुलाकात की. इस दौरान…
फ्रांस में करीना-सैफ का फैमिली वेकेशन, तैमूर-जेह संग देखें खूबसूरत तस्वीरें
करीना कपूर और सैफ अली खान इन दिनों फ्रांस में छुट्टियां मना रहे हैं। सैफ ने वेकेशन की कुछ तस्वीरें शेयर की हैं, जिनमें परिवार का मस्ती भरा अंदाज और कैजुअल लुक देखने को मिल रहा है।
LED लाइटिंग के साथ आ सकती है Bajaj की नई एडवेंचर बाइक, 249cc का ऑयल-कूल्ड इंजन और ABS
Bajaj ADV Spied: बजाज की आने वाली एडवेंचर मोटरसाइकिल की नई तस्वीरें सामने आई हैं जिससे इसके डिजाइन, डिस्प्ले और फीचर्स से जुड़ी जानकारियां मिलती है।
दीपावली पर नवंबर के पहले सप्ताह में लेकसिटी में पर्यटन बूम रहने की उम्मीद है। शहरों से अपने गांवों में त्योहार मनाने आने वालों के कारण रोडवेज व निजी बसों में भी ट्रैफिक फुल रहेगा। ट्रेनों में बुकिंग फुल होने से यात्रियों का दबाव बसों पर बढ़ गया है। निजी बसों में कई रूटों पर 3 और 4 नवंबर से ही सीटों की बुकिंग तेजी से बढ़ने लगी है। बसों में 20 नवंबर तक बुकिंग का दबाव रहने से सीटों की मारामारी रहेगी। उदयपुर ट्रैवलर एसोसिएशन के कार्यकारी अध्यक्ष राकेश जोशी के अनुसार दीपावली पर मुंबई से उदयपुर और आसपास के गांवों में आने वाले यात्रियों की संख्या अधिक रहती है। इस रूट पर सबसे ज्यादा तेजी देखने को मिल रही है। अभी मुंबई रूट पर बसों का किराया 1400 से 2000 रुपए तक है, जबकि ऑनलाइन साइटों पर किराया 3000 से 4000 तक बताया जा रहा है। इसमें वोल्वो व नॉन एसी बसों का किराया शामिल है। अन्य रूटों पर किराया 200 से 300 तक बढ़ने की बात भी सामने आई है। दिल्ली रूट पर किराया 1000 से 1500 रुपए और आगरा रूट पर 1200 से 1500 रुपए तक है। गांवों में लौटेंगे महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश समेत दूसरे राज्यों में बसे लोग मुंबई में नौकरी और कारोबार से जुड़े मेवाड़ के कई लोग दीपावली पर अपने गांव लौटते हैं। इनमें भीम, देवगढ़, आमेट, लावासरदारगढ़, गोमती, चारभुजा, सायरा, गोगुंदा, घासा और मावली क्षेत्र के लोग शामिल हैं। इसके अलावा दिल्ली, जयपुर, बीकानेर, हनुमानगढ़, आगरा, गंगानगर, सीकर, चूरू और झुंझुनूं रूट पर भी बुकिंग बढ़ रही है। इन शहरों में नौकरी और शिक्षा के लिए रहने वाले लोग त्योहार पर घर आते हैं। रोडवेज: आगार डिपो से 86 बसें चल रहीं रोडवेज के आगार प्रबंधक हरदीप सिंह राव ने बताया कि दीपावली पर सामान्य दिनों की तुलना में अतिरिक्त यात्रीभार रहता है। ऐसे में रूट पर चलकर वापस आने वाली बसों को जरूरत के अनुसार दोबारा रवाना किया जाएगा। फिलहाल आगार से 86 बसें संचालित हो रही हैं। हर साल गुजरात रोडवेज भी इस दौरान रूटों पर बसें चलाने के लिए अनुमति मांगता है। एक्सप्रेस बसों में यात्री अभी से ऑनलाइन टिकट बुक कराने लगे हैं। जाम की रहेगी आशंका दीपावली के दौरान गुजराती पर्यटक लेकसिटी पहुंचते हैं। वे धनतेरस के बाद मेवाड़ का रुख करते हैं, जो नाथद्वारा में श्रीनाथजी के दर्शन के बाद राजसमंद-उदयपुर में ठहरते हैं। इनकी वापसी लाभ पंचमी तक होती है। शहर में पर्यटकों और गांवों की ओर जाने वाले यात्रियों की आवाजाही बढ़ने से प्रमुख रास्तों पर ट्रैफिक जाम की आशंका रहेगी।
एमपीटी को उत्कृष्ट पर्यटन राज्य का राष्ट्रीय सम्मान
एमपी टूरिज्म बोर्ड को कोलकाता में 25 से 27 अक्टूबर तक आयोजित ट्रेवल एजेंट्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया के 69वें राष्ट्रीय सम्मेलन में उत्कृष्ट पर्यटन राज्य का सम्मान मिला। बोर्ड के अपर प्रबंध संचालक डॉ. अभय बेड़ेकर ने पुरस्कार ग्रहण किया। पर्यटन सचिव एवं प्रबंध संचालक डॉ. इलैयाराजा टी ने कहा कि प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत और प्राकृतिक विविधता पर्यटन की बड़ी ताकत हैं। सम्मान से पर्यटन विकास और उद्योग सहयोग को बढ़ावा मिलेगा। सम्मेलन में प्रदेश के ऐतिहासिक स्मारकों, वन्यजीव अभयारण्यों, फिल्म पर्यटन, हवाई कनेक्टिविटी की जानकारी दी गई।
Kanpur News: भारत-नेपाल पर्यटन को बढ़ावा देंगे ट्रैवल संचालक, आ सकती योजना
Travel operators to promote India-Nepal tourism; a plan may be in the offing
Lakhimpur Kheri News: दुधवा के नए पर्यटन सत्र में जंगल के हमसफर बनेंगे 110 नेचर गाइड
दुधवा टाइगर रिजर्व (डीटीआर) के नए पर्यटन सत्र में 110 नेचर गाइड पर्यटकों के जंगल सफर के हमसफर बनेंगे।
Maharajganj News: नेपाल में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए भारतीय टूर ऑपरेटरों का स्वागत
Indian tour operators welcomed to promote tourism in Nepal
पंजाब 2026-27 में वाल्मीकि मंदिर राम तीर्थ अमृतसर को बेहतर बनाने, सुविधाओं, सुरक्षा और आध्यात्मिक विरासत को बढ़ाने के ल
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने महर्षि भगवान वाल्मीकि जी के प्रगट दिवस पर अमृतसर में वाल्मीकि तीर्थ स्थल के विकास और सौंदर्यीकरण के लिए 17.72 करोड़ रुपये की घोषणा की।
आस्था, अध्यात्म, श्रद्धा और धार्मिक पर्यटन का बड़ा केन्द्र बनेगा मां बगलामुखी देवी लोक : मुख्यमंत्री डॉ. यादव maabaglamukhidevilok ,nalkheda मुख्यमंत्री ने मां बगलामुखी देवी लोक के पहले चरण में होने वाले 85.40 करोड़ रूपए लागत के कार्यों का किया भूमि-पूजन लगभग 20 हेक्टेयर भूमि पर बनेगा भव्य देवी लोक नलखेड़ा आने वाले श्रद्धालुओं को […]
पंजाब सरकार की महात्वाकांक्षी मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत फाजिल्का जिले से अमृतसर पहुंचे श्रद्धालुओं के जत्थे को भारी अव्यवस्था और बदहाली का सामना करना पड़ा। सोमवार को अमृतसर पहुंचे श्रद्धालुओं ने आरोप लगाया कि उन्हें यात्रा के दौरान बासी भोजन और दूषित पानी दिया गया। इसका सेवन करने से 8 बुजुर्ग श्रद्धालुओं की तबीयत बिगड़ गई। उन्हें उल्टी और दस्त हो गए। श्रद्धालुओं ने इसका जिम्मेदार तीर्थ यात्रा बसों में तैनात गार्ड को बताया। एक श्रद्धालु ने तो यहां तक कह दिया कि अगर ऐसा पता होता कि ऐसी हालत होने वाली है तो मैं आता ही नहीं। पीड़ित तीर्थयात्रियों ने सरकार की योजना की तारीफ की, लेकिन ठेकेदार और उसके कर्मचारियों के काम की जांच कर उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि CM भगवंत मान ने बहुत बढ़िया काम किया है, लेकिन इनके कर्मचारी बुजुर्ग यात्रियों से बदसलूकी कर रहे हैं। श्रद्धालुओं ने ये आरोप लगाए ठेकेदारों पर सरकारी फंड के दुरुपयोग का आरोप, जांच की मांग जत्थे में शामिल बुजुर्ग श्रद्धालुओं ने स्पष्ट किया कि उनकी शिकायत मुख्यमंत्री या सरकार की मंशा को लेकर नहीं है, क्योंकि योजना का उद्देश्य बहुत पवित्र है, लेकिन इसे धरातल पर लागू करने वाले प्राइवेट ठेकेदार, बिचौलिए और बस स्टाफ भ्रष्टाचार में लिप्त हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि वे सरकारी फंड का दुरुपयोग कर श्रद्धालुओं की सेहत से खिलवाड़ कर रहे हैं। इसकी जांच की जाए।
MP दिनभर में आज दिनभर की 10 चुनिंदा बड़ी खबरों को VIDEO में देखने के लिए ऊपर क्लिक करें। दिनभर की 10 बड़ी खबरों को विस्तार से यहां पढ़ भी सकते हैं। तो आइए जानते है, एमपी में आज, क्या रहा खास… 1. पुल से 25 फीट नीचे गिरी कार, 4 श्रद्धालु जिंदा जले धार जिले के बदनावर में लेबड़-नयागांव फोरलेन पर कार पुल से करीब 25 फीट नीचे गिर गई। हादसे में कार सवार चार श्रद्धालुओं की जिंदा जलने से मौत हो गई। बताया गया कि टायर फटने के बाद कार डिवाइडर से टकराई और नीचे जा गिरी। टक्कर इतनी तेज थी कि कार का इंजन बाहर निकल आया। श्रद्धालु सांवरिया सेठ के दर्शन कर लौट रहे थे। पढ़ें पूरी खबर 2. सिंहस्थ 2028 से पहले बनेगा मां बगलामुखी देवी लोक: CM ने किया भूमिपूजन नलखेड़ा में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मां बगलामुखी देवी लोक का भूमिपूजन किया। उन्होंने कहा कि देवी लोक का निर्माण सिंहस्थ 2028 से पहले पूरा किया जाएगा। पहले चरण में 85.40 करोड़ रुपए खर्च होंगे। प्रस्तावित देवी लोक 55 एकड़ में विकसित होगा और मंदिर का शिखर 108 फीट ऊंचा होगा। पढ़ें पूरी खबर 3. कलेक्टर से शिकायत करने 20 किमी पैदल चले स्टूडेंट्स रतलाम में एकलव्य मॉडल स्कूल के विद्यार्थी शिकायत लेकर कलेक्टर के पास पहुंचने के लिए 20 किलोमीटर पैदल चले। रास्ते में अफसर उन्हें बस में बैठाने के लिए मनाते रहे। विद्यार्थियों का कहना था कि शिक्षक समय पर स्कूल नहीं आते और हॉस्टल में भी गंदगी रहती है। वे अपनी समस्याएं कलेक्टर तक पहुंचाना चाहते थे। पढ़ें पूरी खबर 4. राज्यसभा उपचुनाव में MP के बाहर से हो सकता है उम्मीदवार मध्यप्रदेश में राज्यसभा उपचुनाव के लिए मंगलवार से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो रही है। भाजपा उम्मीदवार के चयन को लेकर मुख्यमंत्री निवास पर पार्टी की कोर कमेटी की बैठक हुई। चर्चा है कि उम्मीदवार मध्यप्रदेश के बाहर का भी हो सकता है। बैठक में ज्योतिरादित्य सिंधिया शामिल नहीं हुए। पढ़ें पूरी खबर 5. ग्वालियर में सीएम राइज स्कूल की छत गिरी, 4 मजदूर घायल ग्वालियर में निर्माणाधीन सीएम राइज स्कूल की छत गिर गई। हादसे में चार मजदूर घायल हो गए। घटना के बाद निर्माण कार्य रोक दिया गया। हादसे के कारणों की जानकारी सामने नहीं आई है। पढ़ें पूरी खबर 6. करवा चौथ पर MP में बारिश का अलर्ट, 17 जिलों में बरसात मध्यप्रदेश में 29 अक्टूबर को करवा चौथ के दिन मौसम बदला रहेगा। मौसम विभाग ने पूरे प्रदेश में बारिश की संभावना जताई है। 17 जिलों में पानी गिरने का अलर्ट है। त्योहार के दिन बारिश से प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में मौसम प्रभावित हो सकता है। पढ़ें पूरी खबर 7. इंद्रेश उपाध्याय बोले- युवा यूजलेस नहीं, उनका इस्तेमाल हो रहा इंदौर में जेन-जी चर्चा कार्यक्रम के दौरान कथावाचक इंद्रेश उपाध्याय ने कहा कि युवा यूजलेस नहीं हैं, बल्कि उनका इस्तेमाल किया जा रहा है। उन्होंने राजनीति और संवैधानिक व्यवस्थाओं में जेन-जी को शामिल करने की जरूरत बताई। पढ़ें पूरी खबर पॉजिटिव खबर 8. अब काउंटर से रेल टिकट बुकिंग पर भी मिलेगा बीमा रेलवे अब रिजर्वेशन काउंटर से टिकट बुक कराने वाले यात्रियों को भी यात्रा बीमा का विकल्प देगा। 45 पैसे में 10 लाख रुपए तक का बीमा कवर मिलेगा। अब तक यह सुविधा ऑनलाइन रिजर्वेशन कराने वाले यात्रियों के लिए थी। नई व्यवस्था से काउंटर से टिकट लेने वाले यात्री भी कम कीमत पर बीमा ले सकेंगे। पढ़ें पूरी खबर खबर जरा हटके 9. बाइक चोरी के 3 दिन बाद चोर ने लौटाई, CCTV में मांगी माफी मंडला में बाइक चोरी करने वाले युवक ने तीन दिन बाद बाइक वापस लौटा दी। CCTV फुटेज में वह कान पकड़कर माफी मांगते हुए नजर आया। पुलिस फुटेज के आधार पर मामले में कार्रवाई कर रही है। पढ़ें पूरी खबर कल का बिग इवेंट 10. मोहन कैबिनेट की बैठक कल, सिंचाई परियोजनाओं पर हो सकता है फैसला मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार सुबह 11 बजे मंत्रालय में कैबिनेट बैठक होगी। बैठक में सिंचाई परियोजनाओं समेत कई विकास कार्यों को मंजूरी मिल सकती है।
भारतीय सिनेमा के चर्चित निर्देशक एसएस राजामौली की आगामी फिल्म ‘वाराणसी’ को लेकर दर्शकों की उत्सुकता लगातार बढ़ रही है। महेश बाबू, प्रियंका चोपड़ा और पृथ्वीराज सुकुमारन अभिनीत यह फिल्म केवल समय यात्रा और रोमांच तक सीमित नहीं है, बल्कि इसकी कहानी में प्रेम, पारिवारिक रिश्तों और भावनाओं को भी महत्वपूर्ण स्थान दिया गया है। […] The post राजामौली की ‘वाराणसी’ सिर्फ टाइम-ट्रैवल एडवेंचर नहीं, पिता-पुत्र और प्रेम की भावनाओं से जुड़ी है कहानी first appeared on Sanjeevni Today .
Nainital से Bhimtal तक, Lucknow के पास Summer Vacation के लिए बेहतरीन हैं ये 4 जगहें
उत्तर प्रदेश की राजधानी और नवाबों का शहर लखनऊ जितना अपनी ऐतिहासिक इमारतों के लिए जाना जाता है, उतना की अपनी संस्कृति के लिए भी जाना जाता है। ऐतिहासिक इमारतों से भरपूर लखनऊ शहर प्राचीन काल से ही तहजीब और अदब का नमूना पेश करता आया है। लखनऊ में आपको जितनी खूबसूरती इमारतें मिलेंगी, यहां की संस्कृति और खाना भी वैसा ही है। वैसे तो यह शहर अपने आप में बेहद खूबसूरत है, लेकिन गर्मियों में यह शहर काफी गर्म हो जाता है। ऐसे में अगर आप भी किसी ऐसी जगह की तलाश में हैं, जहां पर सुकून के साथ-साथ छुट्टियों का भी पूरा मजा उठाया जा सके। तो हम आपको आज इस आर्टिकल के जरिए लखनऊ से करीब 400 किमी से कम दूरी पर स्थिति कुछ ऐसे हिल स्टेशन के बारे में बताने जा रहे हैं, जोकि बेहद खूबसूरत हैं और आप यहां अपने परिवार के साथ जा सकते हैं। इसे भी पढ़ें: Travel Tips: Manipur घूमने का प्लान है तो Imphal में Kangla Fort और Loktak Lake जरूर देखें नैनीताल लखनऊ से करीब 381 किमी दूर स्थित नैनीताल हिल स्टेशन बेहद खास और खूबसूरत है। यहां पर आप नैनी झील, नैना देवी मंदिर, टिफिन टॉप और स्नो व्यू पॉइंट जैसी जगहों को एक्सप्लोर कर सकते हैं। उत्तराखंड में कुमाऊं पहाड़ियों की तलहटी में बसा नैनीताल लखनऊ के पास सबसे ज़्यादा घूमे जाने वाले हिल स्टेशनों में से एक है। यहां पर पूरे साल मौसम सुहावना रहता है। वहीं यह जगह फैमिली ट्रिप के लिए बेस्ट है। भीमताल उत्तराखंड का भीमताल भी एक बेहद शांत और खूबसूरत हिल स्टेशन है। इस जगह की खासियत यहां का अनोखा और शांत माहौल है। यहां पर आप भीमताल झील, पैडल बोटिंग, बर्ड वाचिंग और प्रकृति के बीच सैर करने का मजा ले सकते हैं। लखनऊ से भीमताल की दूरी करीब 367 किमी है। यह जगह अपने आप में खूबसूरती को समेटे हुए है। भीमताल चीड़, ओक और झाड़ियों के घने जंगलों से घिरा है। इसके अलावा आप यहां पर कुछ फेमस मंदिरों के भी दर्शन कर सकते हैं। चंपावत उत्तराखंड में बसा चंपावत सबसे कम आबादी वाले जिलों में शामिल है। यह उत्तराखंड राज्य के पूर्वी हिस्से है और बेहद खूबसूरत जिला है। यहां पर आपको प्रकृति, पौराणिक कथाएं, इतिहास और आध्यात्मिकता का अनोखा संगम देखने को मिलता है। कुमाऊं क्षेत्र में हिमालय की शानदार पहाड़ियों से घिरे चंपावत के बारे में बहुत कम लोग जानते हैं। आप भी अगर किसी नई जगह की तलाश में हैं, तो यह जगह आपके लिए है। लखनऊ से यह जगह करीब 367 किमी दूर है। नौकुचियाताल उत्तराखंड का नौकुचियाताल झील के किनारे बसा एक खूबसूरत और छोटा गांव है। यह जगह उन लोगों के लिए बेस्ट है, जोकि प्रकृति के करीब रहना चाहते हैं और सुकून की तलाश में हैं। यह मुख्य रूप में यह जगह नौ कोनों वाली झील के लिए प्रसिद्ध है, जोकि करीब 1 किमी लंबी और 40 मीटर गहरी है। ऐसे में अगर आप लखनऊ में रहते हैं, तो इस बार की छुट्टियों में फैमिली के साथ यहां पर जा सकते हैं। लखनऊ से यहां की दूरी करीब 368 किमी है।
ओडिशा में चक्रवात के मद्देनजर छह जिलों में मछली पकड़ने और पर्यटन पर रोक
ओडिशा में चक्रवात: ओडिशा में चक्रवात के कारण राज्य सरकार ने छह संवेदनशील जिलों में समुद्र में मछली पकड़ने और पर्यटन गतिविधियों पर पूरी तरह रोक लगा दी है। मौसम विभाग की चेतावनी के बाद प्रशासनिक तैयारियां तेज कर दी गई हैं।
कुशीनगर इंटरनेशनल एयरपोर्ट से नियमित यात्री विमानों का संचालन बंद होने से हवाई संपर्क और अंतरराष्ट्रीय बौद्ध पर्यटन को बढ़ावा देने की योजना प्रभावित हो रही है। नवंबर 2023 के बाद नियमित व्यावसायिक उड़ानें नहीं चल रही हैं, जबकि पर्यटन विभाग के आंकड़ों में यहां आने वाले पर्यटकों की संख्या बढ़ी है। होटल कारोबारियों और स्थानीय लोगों को अब नियमित उड़ानें शुरू होने का इंतजार है। करीब 448 करोड़ रुपये की लागत से लगभग 590 एकड़ में बने कुशीनगर इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्घाटन 20 अक्टूबर 2021 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया था। उद्घाटन के मौके पर श्रीलंका के कोलंबो से श्रीलंकन एयरलाइंस का विशेष विमान पहुंचा था। इसके बाद उम्मीद जगी थी कि कुशीनगर सीधे श्रीलंका, थाईलैंड और वियतनाम जैसे बौद्ध बहुल देशों से जुड़ेगा। एयरपोर्ट पर 3,200 मीटर लंबा और 45 मीटर चौड़ा रनवे है। करीब 3,600 वर्ग मीटर में बने टर्मिनल भवन की व्यस्त समय में लगभग 300 यात्रियों को संभालने की क्षमता बताई गई है। महापरिनिर्वाण मंदिर और रामाभार स्तूप जैसे प्रमुख बौद्ध स्थलों के नजदीक होने के कारण इसे बौद्ध सर्किट के महत्वपूर्ण प्रवेश द्वार के रूप में विकसित करने की योजना थी। नवंबर 2023 के बाद नियमित उड़ानें बंद एयरपोर्ट से नियमित व्यावसायिक उड़ानें मुख्य रूप से स्पाइसजेट की सेवाओं पर निर्भर थीं। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, दिल्ली की उड़ानें नवंबर 2023 में बंद हो गईं। भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण के आंकड़ों के अनुसार, वित्त वर्ष 2022-23 में यहां से करीब 23,221 यात्रियों ने हवाई यात्रा की थी। 2023-24 में यह संख्या घटकर 17,742 रह गई, जबकि 2024-25 में करीब 270 यात्री दर्ज किए गए। दूसरी ओर, पर्यटन विभाग के आंकड़े कुशीनगर में पर्यटकों की संख्या बढ़ने की तस्वीर दिखाते हैं। वर्ष 2022 में 8.89 लाख पर्यटक पहुंचे थे। 2023 में यह संख्या बढ़कर 21.40 लाख और 2024 में 22.47 लाख हो गई। वर्ष 2025 में जनवरी से अक्टूबर तक करीब 19.90 लाख पर्यटक पहुंचे। इनमें भारतीय और विदेशी, दोनों तरह के पर्यटक शामिल थे। ऐसे में सवाल है कि पर्यटन की यह मांग एयरपोर्ट के यात्री आंकड़ों में क्यों नहीं दिख रही। हर महीने डेढ़ करोड़ खर्च, संचालन पर सवाल विभागीय जानकारी के अनुसार, एयरपोर्ट पर करीब 300 कर्मचारी विभिन्न जिम्मेदारियां संभाल रहे हैं। देखरेख, रखरखाव और संचालन संबंधी व्यवस्थाओं पर हर महीने लगभग डेढ़ करोड़ रुपये खर्च होने की बात कही गई है। हालांकि, कर्मचारियों की वास्तविक संख्या और मासिक खर्च का विस्तृत आधिकारिक ब्योरा स्पष्ट नहीं है। नियमित उड़ानें बंद होने के बावजूद सुरक्षा, तकनीकी व्यवस्था और दूसरी बुनियादी सुविधाओं को बनाए रखने की जरूरत बनी हुई है। नियमित यात्री विमानों के बंद होने के बाद भी एयरपोर्ट पर नॉन-शेड्यूल उड़ानों की आवाजाही जारी रही है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, ऐसी उड़ानें करीब 100 बार संचालित हुई हैं। इनके जरिए विशिष्ट अतिथि और राजनेता कुशीनगर पहुंचे। इससे यह सवाल उठता है कि विशेष उड़ानों के संचालन के बीच आम यात्रियों के लिए नियमित सेवाएं कब बहाल होंगी। पर्यटन सीजन से होटल कारोबारियों को उम्मीद अक्टूबर से मार्च तक का समय कुशीनगर के होटल और पर्यटन कारोबार के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है। कारोबारियों को उम्मीद है कि नियमित उड़ानें शुरू होने पर विदेशी पर्यटकों और दूसरे राज्यों से आने वाले लोगों की संख्या बढ़ सकती है। इससे होटल, रेस्टोरेंट, टैक्सी, टूर ऑपरेटर, गाइड और स्थानीय दुकानदारों को फायदा मिलने की संभावना है। कुशीनगर और आसपास के जिलों के व्यापारियों, विद्यार्थियों और नौकरीपेशा लोगों को भी दिल्ली, मुंबई जैसे प्रमुख शहरों तक सीधा हवाई संपर्क मिल सकता है। नियमित उड़ानों की बहाली के लिए तकनीकी और परिचालन संबंधी स्थिति स्पष्ट करने के साथ विमानन कंपनियों से बातचीत जरूरी है। ऐसे रूट तय करने होंगे, जिन पर पर्याप्त यात्री मिलने की संभावना हो। घरेलू उड़ानों के साथ बौद्ध बहुल देशों से अंतरराष्ट्रीय संपर्क की संभावनाओं पर भी काम किया जा सकता है। कुशीनगर के जिलाधिकारी संजय चौहान ने बताया कि यह अंतरराष्ट्रीय महत्व का स्थल है और यहां पर्यटकों के साथ स्थानीय लोगों के लिए भी कई अवसर हैं। एयरपोर्ट के संचालन को लेकर उन्होंने कहा कि कमियों को दूर करते हुए इसे जल्द से जल्द संचालित कराने की दिशा में प्रशासन प्रयास करेगा। अब सवाल है कि नियमित उड़ानें कब शुरू होंगी और क्या आगामी पर्यटन सीजन में कुशीनगर एयरपोर्ट अंतरराष्ट्रीय बौद्ध पर्यटन के लिए अपेक्षित भूमिका निभा पाएगा।
चक्रवात की आहट: Odisha के 6 जिलों में पर्यटन स्थलों पर लगा प्रतिबंध
ओडिशा सरकार ने चक्रवाती तूफान के मद्देनजर समुद्र में मछली पकड़ने पर रोक लगा दी है और छह जिलों में पहाड़ियों, झरनों तथा बांधों पर पर्यटकों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया है। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी। मौसम विभाग के अनुसार, चक्रवाती तूफान के अगले 48 घंटों में पड़ोसी आंध्र प्रदेश के तट पर पहुंचने की आशंका है। अधिकारियों ने बताया कि राज्य सरकार ने दक्षिणी क्षेत्र के संवेदनशील जिलों गंजाम, गजपति, रायगढ़ा, मलकानगिरि, कोरापुट और नबरंगपुर में संसाधनों को सक्रिय कर दिया है। मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने चक्रवात से पहले की तैयारियों की निगरानी के लिए आठ मंत्रियों को अलग-अलग स्थानों पर तैनात किया है। राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ), ओडिशा आपदा त्वरित कार्रवाई बल (ओडीआरएएफ), अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवाओं तथा पुलिस के बचाव दलों को संवेदनशील इलाकों में पहले से तैनात किया गया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने सोमवार सुबह जारी बुलेटिन में बताया कि बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना गहरा दबाव पिछले छह घंटों में 15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से लगभग पश्चिम की ओर बढ़ा और चक्रवाती तूफान में बदल गया। इसके 26 अक्टूबर की मध्यरात्रि तक पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी के ऊपर गंभीर चक्रवाती तूफान और 27 अक्टूबर को अत्यंत गंभीर चक्रवाती तूफान में बदलने की आशंका है। विभाग के अनुसार, तूफान के बुधवार को आंध्र प्रदेश के तट पर आने की संभावना है। ओडिशा के आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी ने कहा कि भले ही तूफान के आंध्र प्रदेश के तट पर पहुंचने का अनुमान है, लेकिन ओडिशा सरकार किसी तरह का जोखिम नहीं लेना चाहती और हर स्थिति से निपटने के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि तट से टकराने के बाद मौसम प्रणाली के ओडिशा के कुछ इलाकों की ओर बढ़ने का अनुमान है। मंत्री ने बताया कि खराब मौसम की आशंका के कारण छह संवेदनशील जिलों में 28 और 29 अक्टूबर को स्कूल, कॉलेज और आंगनवाड़ी केंद्र बंद रहेंगे। इन जिलों में सरकारी कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं और राहत एवं बचाव कार्यों के समन्वय के लिए नियंत्रण कक्ष खोले गए हैं। कृषि विभाग ने किसानों को 80 से 85 प्रतिशत तक पक चुकी फसलों की कटाई कर उन्हें सुरक्षित रखने की सलाह दी है। किसानों की सहायता के लिए विशेष हेल्पलाइन नंबर भी शुरू किए गए हैं।
अब रेलवे के रिजर्वेशन काउंटर से आरक्षित टिकट बुक कराने वाले यात्री भी ऑप्शनल ट्रैवल इंश्योरेंस की सुविधा ले सकेंगे। रेलवे बोर्ड ने यह सुविधा 27 अक्टूबर 2026 से लागू करने के निर्देश दिए हैं। पूर्व स्टेशन अधीक्षक वीके पालीवाल ने बताया कि यह बीमा पूरी तरह वैकल्पिक होगा। इसके लिए यात्री की सहमति और डिजिटल भुगतान जरूरी है। बैतूल रेलवे स्टेशन पर भी इस सुविधा का लाभ मिलेगा। बीमा का प्रीमियम वर्तमान में सभी करों सहित 45 पैसे प्रति यात्री है। इसके तहत यात्रा के दौरान मृत्यु या स्थायी पूर्ण विकलांगता होने पर 10 लाख रुपए, स्थायी आंशिक विकलांगता पर 7.50 लाख रुपए और चोट के कारण अस्पताल में भर्ती होने पर 2 लाख रुपए तक का कवर मिलेगा। मृतक के शव को ले जाने के लिए 10 हजार रुपए भी दिए जाएंगे। आरएसी और आंशिक कंफर्म टिकट को भी लाभयह बीमा ट्रेन में चढ़ने से लेकर गंतव्य तक पहुंचने और उतरने की प्रक्रिया के दौरान भी लागू रहेगा। हालांकि, इसका लाभ कंफर्म, आरएसी और आंशिक कंफर्म टिकट पर ही मिलेगा। बीमा लेने के लिए मोबाइल नंबर देना और डिजिटल माध्यम से भुगतान करना होगा। पॉलिसी की जानकारी मोबाइल पर भेजी जाएगी। रेलवे बोर्ड ने सभी जोनल रेलवे को रिजर्वेशन काउंटरों पर जरूरी तैयारियां पूरी करने और कर्मचारियों को यात्रियों की सहमति दर्ज करने के लिए प्रशिक्षित करने के निर्देश दिए हैं। पॉलिसी और बीमा दावे से संबंधित जानकारी संबंधित बीमा कंपनी से प्राप्त करनी होगी।
नवंबर में घूमने का बना रहे हैं प्लान? भारत की ये 10 जगहें रहेंगी बेस्ट
November Travel Destinations: नवंबर में घूमने का प्लान बना रहे हैं तो भारत की इन 10 खूबसूरत जगहों को अपनी ट्रैवल लिस्ट में शामिल कर सकते हैं. कहीं पहाड़ों की हरियाली और समुद्र के खूबसूरत नजारे मिलेंगे तो कहीं इतिहास, संस्कृति और आध्यात्मिकता को करीब से जानने का मौका मिलेगा.
हिमाचल प्रदेश के रोहतांग, नारकंडा और डलहौजी में बर्फबारी से पर्यटन कारोबार को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। वीकेंड के लिए पर्यटक होटलों में पूछताछ और एडवांस बुकिंग कर रहे हैं।
हिमाचल प्रदेश में अगले पांच वर्षों में पर्यटन क्षेत्र में 15,000 करोड़ रुपये तक निवेश की योजना है। सरकार हाई-एंड पर्यटन, हवाई कनेक्टिविटी, लग्जरी सुविधाओं और ईको-टूरिज्म को बढ़ावा देगी।
गयाजी एयरपोर्ट से अंतरराष्ट्रीय हवाई सेवा का दायरा बढ़ने जा रहा है। सोमवार(26 अक्टबूर 2026) से इंडिगो एयरलाइन बैंकॉक के लिए सीधी अंतरराष्ट्रीय उड़ान शुरू करने जा रही है। बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पटना से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए इस सेवा का उद्घाटन करेंगे। बौद्ध पर्यटकों के प्रमुख सीजन विंटर शेड्यूल में अब गयाजी से बैंकॉक, यंगून और पारो के लिए हवाई कनेक्टिविटी मजबूत होगी। रविवार से थाई एयरवेज और थाई एयर एशिया की उड़ानें शुरू हो चुकी हैं। इससे बोधगया आने वाले विदेशी पर्यटकों को फायदा होगा। तय शेड्यूल के अनुसार विमान सप्ताह में दो दिन सोमवार और गुरुवार को उड़ान भरेगी। विंटर सीजन में 6 विमानन कंपनियां देंगी सेवा एयरपोर्ट से विंटर सीजन में अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का विस्तार हो रहा है। थाई एयरवेज, थाई एयर एशिया, इंडिगो, म्यांमार एयरवेज इंटरनेशनल, म्यांमार नेशनल एयरलाइंस और भूटान एयरलाइंस सहित छह विमानन कंपनियां हवाई संपर्क उपलब्ध कराएंगी। बौद्ध धर्मावलंबियों के लिए विशेष महत्व रखने वाले बोधगया में 26 अक्टूबर से 27 मार्च 2027 तक पर्यटन का प्रमुख सीजन रहेगा। इस दौरान थाईलैंड, म्यांमार और भूटान सहित कई देशों से बड़ी संख्या में पर्यटक और श्रद्धालु पहुंचते हैं। दिल्ली के लिए भी शुरू हुई एयर इंडिया की सेवा एयरपोर्ट से घरेलू हवाई संपर्क भी मजबूत हुआ है। दिल्ली-गयाजी के बीच एयर इंडिया की नियमित उड़ान शुरू हो गई है। यह सेवा सप्ताह के सातों दिन संचालित होगी। इससे दिल्ली से गयाजी और बोधगया आने वाले यात्रियों को सुविधा मिलेगी। एयरपोर्ट के कार्यवाहक निदेशक अवधेश कुमार के अनुसार, एयर इंडिया की एक उड़ान से करीब 100 यात्री गयाजी पहुंचे, जबकि 78 यात्रियों ने दिल्ली के लिए उड़ान भरी। दूसरी उड़ान से 99 यात्री आए और 46 यात्री दिल्ली रवाना हुए। अंतरराष्ट्रीय उड़ानों में म्यांमार एयरवेज इंटरनेशनल से 167 यात्री गयाजी पहुंचे और 47 वापस गए। थाई एयरवेज से 156 यात्री पहुंचे, जबकि 81 यात्री बैंकॉक के लिए रवाना हुए। पारो के लिए भी बढ़ेगी कनेक्टिविटी भूटान एयरलाइंस 28 अक्टूबर से पारो-गयाजी मार्ग पर सेवा शुरू करेगी। वहीं, डुक एयर की पारो-गयाजी-पारो उड़ान 1 फरवरी 2027 से शुरू करने का शेड्यूल है। यह सेवा सोमवार और शुक्रवार को संचालित होगी।मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बोधगया में बीआईएमसीजीएल के लॉन्चिंग कार्यक्रम के दौरान गयाजी से कंबोडिया और नेपाल के लिए भी हवाई सेवा शुरू करने की घोषणा की थी। उन्होंने घरेलू उड़ानों को दूसरे प्रमुख पर्यटन शहरों से जोड़ने की बात भी कही थी। पर्यटन कारोबार को मिलेगा बढ़ावा अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के विस्तार से बोधगया के पर्यटन कारोबार को फायदा मिलने की उम्मीद है। सीधी हवाई कनेक्टिविटी से विदेशी पर्यटकों और बौद्ध श्रद्धालुओं का सफर आसान होगा। इसका लाभ होटल, गेस्ट हाउस, ट्रैवल एजेंसियों, परिवहन और स्थानीय कारोबार हो सकता है।
Pilibhit News: पर्यटन सत्र से पहले पीटीआर पहुंचे विदेशी पर्यटक
पीलीभीत। पीलीभीत टाइगर रिजर्व में पर्यटन सत्र की शुरुआत एक नवंबर से होगी। हालांकि, कुछ पर्यटक उत्सुकतावश अभी से यहां पहुंचना शुरू हो गए हैं।
Siddharthnagar News: भारत-नेपाल पर्यटन साझेदारी को मजबूत करेगा क्रॉस बॉर्डर टूरिज्म कनेक्ट
Cross-border tourism connect will strengthen India-Nepal tourism partnership
Chief Minister Pushkar Singh Dhami: उत्तराखंड को देश के प्रमुख एडवेंचर टूरिज्म डेस्टिनेशन के रूप में स्थापित करने की दिशा में राज्य सरकार ने अपनी गतिविधियां तेज कर दी हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को पिथौरागढ़ जिले के सीमांत क्षेत्र ...
चंडीगढ़, 25 अक्टूबर . पंजाब भारतीय जनता पार्टी ने Sunday को आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी (आप) के संयोजक अरविंद केजरीवाल राज्य के बुजुर्ग निवासियों की सुरक्षा…
उत्तराखंड में एडवेंचर टूरिज्म को मिलेगा बढ़ावा, माणा पास से औली तक होगी 100 माइल्स अल्ट्रा रन
उत्तराखंड 100 मील की हिमालयी अल्ट्रा दौड़ की मेजबानी करेगा, जो माना पास से औली तक होगी, एडवेंचर टूरिज्म, स्थानीय रोज़ग
राज्य में स्लीपर बसों पर कार्रवाई और तीर्थयात्रा योजना को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। विपक्षी दल ने सत्ता पक्ष पर सुरक्षा अनदेखी और भ्रामक राजनीति करने का आरोप लगाया है।
मध्य प्रदेश सुशासन संवाद 3.0 के दौरान चीता परियोजना के फील्ड डायरेक्टर उत्तम कुमार शर्मा से वरिष्ठ पत्रकार अनुराग पुनेठा ने विशेष बातचीत की। उन्होंने बताया कि चीता के आने से न केवल पर्यटन बढ़ा है, बल्कि कई विलुप्त माने जा चुके जीव भी दोबारा से दिखाई देने शुरू हो गए हैं। ऐसा इसलिए भी […]
एक नवंबर से शुरू होगा कतर्नियाघाट का पर्यटन सत्र, घड़ियाल व्याख्यान केंद्र बनेगा नया आकर्षण
एक नवंबर से शुरू होगा कतर्नियाघाट का पर्यटन सत्र, घड़ियाल व्याख्यान केंद्र बनेगा नया आकर्षण
अनूपपुर जिले के अमरकंटक में शरद पूर्णिमा के पावन अवसर पर लगभग 20 हजार श्रद्धालुओं ने मां नर्मदा के पवित्र जल में डुबकी लगाई। रविवार को रेवती नक्षत्र के संयोग में सुबह से ही स्नान का सिलसिला शुरू हो गया था। स्नान के बाद श्रद्धालुओं ने मां नर्मदा के उद्गम मंदिर में दर्शन और पूजा की। उन्होंने सुख, शांति और परिवार के कल्याण की कामना की। छुट्टी होने के कारण बड़ी संख्या में पर्यटक और तीर्थयात्री अमरकंटक पहुंचे थे। यहां भी पहुंचे पर्यटक श्रद्धालुओं ने सोनमूड़ा, माई की बगिया, कपिलधारा, दूधधारा, जालेश्वर धाम, जैन मंदिर, श्री यंत्र महामेरु शक्तिपीठ मंदिर, अरंडी संगम और कबीर चबूतरा जैसे कई दर्शनीय स्थलों का भी भ्रमण किया। मान्यताओं के अनुसार, शरद पूर्णिमा की रात चंद्रमा अपनी सोलह कलाओं से भरा होता है। इस दिन नर्मदा में स्नान करने से शरीर स्वस्थ रहता है और पाप खत्म होते हैं। शारद पूर्णिमा स्नान की अन्य तस्वीरें…
Viral Video: भूटान में 1 किलोमीटर लंबे जाम में भी नहीं सुनाई दिया हॉर्न, ट्रैवल क्रिएटर ने भारतीयों को दी सीख
हिमाचल प्रदेश के कोल डैम जलाशय में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने एडवेंचर वाटर स्पोर्ट्स गतिविधियों का शुभारंभ किया।
हे महाकाल! 1 दिन में 38 घंटे का बिल...:मोपेड बनी 26 सीटर ट्रैवलर, ई-रिक्शा को माना इनोवा
मप्र विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद (मैपकास्ट) ने अप्रैल 2026 में उज्जैन में ‘महाकाल : द मास्टर ऑफ टाइम’ कॉन्फ्रेंस आयोजित की थी। इसके लिए भोपाल की अदिति टूर एंड ट्रेवल्स से वाहन किराये पर लिए गए थे। वीर भारत न्यास के जरिये काम हुआ और 57 लाख रुपए से ज्यादा का भुगतान किया गया। भास्कर ने जब इन बिलों की पड़ताल की तो दिलचस्प खुलासे हुए। बिलों में जिन गाड़ियों को इनोवा और ट्रैवलर बताया गया है वे मोपेड, वैन, ई- रिक्शा और ट्रक के नंबर निकले। कुछ गाड़ियों की तो दो से तीन बार बुकिंग दिखाकर पेमेंट लिया गया है। दैनिक भास्कर के पास सारे दस्तावेज मौजूद हैं। इवेंट, पब्लिसिटी और खाने पर 6.29 करोड़ रुपए खर्च कॉन्फ्रेंस पर मैपकास्ट ने 6.29 करोड़ रुपए खर्च किए हैं। जमा हुए बिलों के मुताबिक टेंट, लाइट, साउंड एवं प्राेजेक्शन, ब्रांडिंग, पब्लिसिटी आदि का काम सुविधा इंटरप्राइजेज और मेसर्स प्रो. इवेंट नाम की कंपनी ने किया है। दोनों कंपनियों ने बिलिंग वीर भारत न्यास को की है। मेसर्स प्रो. इवेंट को 22.12 लाख और सुविधा इंटरप्राइजेज को 4.18 करोड़ का पेमेंट किया गया है। इसमें वीर भारत न्यास ने मैपकास्ट से 12.82 लाख रुपए हैंडलिंग चार्ज भी वसूला है। कैटरिंग पर 1.32 करोड़ खर्च किए। ये काम भोपाल की नर्मदा कैटर्स को सौंपा गया था। वक्त की हद भी पार... एक गाड़ी की 24 घंटे में 38 घंटे की रनिंग बताकर बिलिंग ट्रैवलर बताया, मोपेड निकली वो भी खराब बिल नंबर 3054 में गाड़ी नंबर UP65-ED1523 को ट्रेवलर लिखा गया है। इसे 1 अप्रैल 2026 को उज्जैन लोकल में 186 किमी चलना बताया गया और मैपकास्ट ने 29242 रुपए पेमेंट किया है। पड़ताल में सामने आया कि इस नंबर पर उप्र में शुभम जायसवाल के नाम से मोपेड रजिस्टर्ड है। शुभम ने बताया कि उनकी मोपेड 2 महीने से खराब है और बनारस के टीवीएस वर्कशॉप में है। बिल के लिए यूं दौड़ी गाड़ी... महज 25 घंटे में मीटर की रीडिंग 22,708 किमी बढ़ गई ई-रिक्शा के नंबर पर इनोवा का बिल … बिल 3061 में 2-5 अप्रैल तक इनोवा (MP13-ZP4512) की बुकिंग बताई गई। उज्जैन आरटीओ में इस नंबर पर ई-रिक्शा रजिस्टर्ड है, जिसे रितेश श्रीवास्तव चलाते हैं। 3 अप्रैल को बिल 3060 और 3061 में 26 सीटर MP11-P0671 ट्रेवलर की बिलिंग की। दोनों बिल में ड्यूटी 10-10 घंटे अतिरिक्त बताई गई। एक गाड़ी की एक दिन में दो बार बिलिंग अप्रूव भी हो गई। एक दिन में तीन बिलिंग…... MP09-TA-8278 पर रजिस्टर्ड इनोवा क्रिस्टा की 5 अप्रैल को ड्यूटी बिल नंबर 3054 में 10 घंटे एक्स्ट्रा दर्ज की गई। 5 अप्रैल को ही बिल नंबर 3060 में इसी गाड़ी की ड्यूटी पहली बिलिंग में 13 और दूसरी बिलिंग में 15 घंटे की अप्रूव की गई। यानी एक ही दिन में 38 घंटे का पेमेंट किया गया। धोखा देती रफ्तार... टेंपो ट्रेवलर (MP09- FA9227) के ड्राइवर रमेश की ड्यूटी स्लिप के मुताबिक, 3 अप्रैल सुबह 6:30 बजे ड्यूटी शुरू होते वक्त मीटर रीडिंग 39419 थी, जो 4 अप्रैल सुबह 4 बजे ड्यूटी खत्म होने पर 39616 दर्ज हुई। 5 अप्रैल सुबह 5 बजे इसकी ओपनिंग मीटर रीडिंग सीधे 62324 दर्ज कर दी गई। यदि कहीं गड़बड़ी है तो चेक कराएंगे मैंने जो गाड़ियां दीं, बिल भी उन्हीं के दिए हैं। बिल में गाड़ियों के जो रजिस्ट्रेशन नंबर दिए हैं, वह 100% सही हैं। - देवेंद्र सक्सेना, डायरेक्टर, अदिति ट्रेवल्स, भोपाल मैं चेक करने के बाद ही कुछ बता पाऊंगा। अभी मुझे इस संबंध में कुछ भी मालूम नहीं है। - श्रीराम तिवारी, न्यासी सचिव, वीर भारत न्यास, मप्र कॉन्फ्रेंस के लिए हमने गाड़ियां संस्कृति विभाग से ली थीं। यदि कहीं गड़बड़ है तो चेक कराते हैं । - डॉ. अनिल कोठारी, डीजी, मैपकास्ट
Hisar News: राखीगढ़ी को विश्व पर्यटन मानचित्र पर लाने की तैयारी
राखीगढ़ी को विश्व पर्यटन मानचित्र पर लाने की तैयारी
Lakhimpur Kheri News: सुहेली नदी की सफाई नहीं हुई तो पर्यटन सत्र के उद्घाटन पर चक्काजाम करेंगे किसान
सुहेली नदी की डीसिल्टिंग और नकहुआ पुल नाले की सफाई शुरू नहीं होने से नाराज किसानों ने आंदोलन तेज कर दिया है।
वीकेंड गोल्फिंग से स्थानीय पर्यटन अर्थव्यवस्था को मिलेगा बढ़ावा : उमर
वीकेंड गोल्फिंग से स्थानीय पर्यटन अर्थव्यवस्था को मिलेगा बढ़ावा : उमर
हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में ऐहन स्थित कोल डैम जलाशय में एडवेंचर वाटर स्पोर्ट्स गतिविधियां शुरू हो गई हैं। मुख्यमंत्री सुक्खू ने इसका वर्चुअल शुभारंभ किया।
गया की 'बुद्ध पहाड़ी' को पर्यटन स्थल घोषित करने की तैयारी, भेजा गया प्रस्ताव
गया के इमामगंज स्थित बुद्ध पहाड़ी पर प्राचीन बौद्ध मूर्तियां मौजूद हैं, जिसे पर्यटन स्थल घोषित करने का प्रस्ताव जिला पर्यटन विभाग को भेजा गया है। स्थानीय ग्रामीण इसे बौद्ध सर्किट से जोड़कर रोजगार के अवसर बढ़ाने की उम्मीद कर रहे हैं।
Rajasthan news: बगरू में NH-48 पर भीषण हादसा, टेंपो ट्रैवलर की ट्रेलर से टक्कर में 3 की मौत
24 अक्टूबर, शनिवार: राजस्थान के बगरू में NH-48 पर देर रात टेंपो ट्रैवलर और ट्रेलर की टक्कर में 3 लोगों की मौत हो गई और दो दर्जन से अधिक घायल हो गए, घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
जयपुर के बगरू में शुक्रवार देर रात ट्रेलर-ट्रैवलर की टक्कर में 3 लोगों की मौत हो गई। पुलिस के अनुसार एक्सीडेंट जयपुर-अजमेर नेशनल हाईवे पर हुआ। बगरू थाने एसएचओ चंद्रभान ने बताया- हादसा रात करीब 1:50 बजे हुआ। ट्रैवलर में नासिक (महाराष्ट्र) के 28 श्रद्धालु थे, जो जयपुर से सांवलिया सेठ (चित्तौड़गढ़) जा रहे थे। बगरू पुलिया से उतरते समय बस आग चल रहे ट्रेलर में घुस गई। हादसे में तीन जनों की मौके पर ही मौत हो गई। घायलों को जयपुर के सवाई मानसिंह हॉस्पिटल (SMS) में एडमिट कराया गया है। घायलों का कहना है कि ट्रैवलर ड्राइवर नशे में था। ड्राइवर की जिद के कारण एक्सीडेंट घायल पैसेंजर प्रवीण ने बताया हम रात करीब 10.30 बजे जयपुर से निकले थे। ड्राइवर से रात में चलने के लिए मना भी किया था, लेकिन वो माना नहीं। उसने शराब भी पी रखी थी। बगरू पुलिया से उतरते समय बस अनकंट्रोल हो गई और आगे चल रहे ट्रेलर से टकरा गई। एक्सीडेंट में ट्रैवलर में आगे बैठीं सवारियां बुरी तरह से घायल हो गईं। एक्सीडेंट में 18 पैसेंजर्स घायल हुए है, इनमें से एक की हालत गंभीर है। इनपुट: सोनूराम बैरवा (दूदू) …. ये खबर भी पढ़िए… राजस्थान-तेज रफ्तार कार खाई में गिरी, 4 दोस्तों की मौत:टायर फटने से बेकाबू हुई, आगरा के रहने वाले थे, खाटूश्यामजी से लौट रहे थे जयपुर जिले के रायसर में नेशनल हाईवे-148 (दौसा-मनोहरपुर) पर स्विफ्ट कार टायर फटने से खाई में गिर गई। कार में 6 दोस्त थे, इनमें से 4 की मौके पर ही मौत हो गई। पूरी खबर पढ़िए…
Travel Tips: Manipur घूमने का प्लान है तो Imphal में Kangla Fort और Loktak Lake जरूर देखें
इंफाल एयरपोर्ट बेहद खूबसूरत है। यहां की ताजी हवा और खुला आकाश आपका मन मोह लेगा। मणिपुरी शैली की हरी छतों वाला यह छोटा और बेहद खूबसूरत एयरपोर्ट इतना सहज है कि आप फ्लाइट से उतरकर पैदल ही भवन में जा सकते हैं। महानगरों की भागदौड़ से दूर इस शहर की अपनी खासियत है। ऐसे में अगर आप भी मणिपुर जाने का प्लान कर रही हैं। तो यह आर्टिकल आपके लिए है। क्योंकि हम आपको बताने जा रहे हैं कि आप मणिपुर के इंफाल में कौन-कौन सी जगहों को एक्सप्लोर कर सकती हैं। इमा मार्केट शहर के बीचों-बीच इमा मार्केट है। यह महिलाओं यानी की माताओं द्वारा चलाया जाने वाला बाजार है। यह मार्केट सिर्फ महिलाओं द्वारा चलाई जाती है। आप यहां से फनेक, ब्लाउज, शॉल, दुपट्टे, चादर, गमछे और भी कई तरह की चीजें ले सकती हैं। इसे भी पढ़ें: Bird Watching के शौकीनों के लिए बेस्ट हैं ये 5 जगहें, सर्दियों में दिखेंगे रंग-बिरंगे पक्षी कांगला किला की सैर आपको इंफाल में दो जगहें जरूर देखनी चाहिए। पहली कांगला किला और दूसरा लोकताल लेक। कांगला फोर्ट शहर के बीच इंफाल नदी के किनारे स्थित है। मेतेई भाषा में इसका अर्थ है जमीन का मुख्य भाग। मणिपुरी भाषा भी भारत की 22 आधिकारिक भाषाओं की लिस्ट में से एक है। यहां के राजवंश के शासकों की कांगला फोर्ट राजधानी हुआ करता था और आज भी मणिपुर के लोगों के लिए गौरवपूर्ण ऐतिहासिक स्थल है। इस फोर्ट के मुख्य द्वार पर सिंह की आकृति की दो मूर्तियां लगी हैं, जिनको देवताओं का देव कहा जाता है। यहां पर घूमने के लिए गोल्फ कार्ट की सुविधा मौजूद है। मणिपुरी भाषा भी भारत की 22 आधिकारिक भाषाओं की सूची में से एक है। कांगला फोर्ट राजधानी हुआ करता था और आज भी मणिपुर के निवासियों के लिए एक गौरवपूर्ण ऐतिहासिक स्थल है। इसके अलावा आप यहां पर कांगला संग्रहालय, बोट म्यूजियम और पुरातत्व संग्रहालय देख सकते हैं। सानामाही मंदिर और पखंबा मंदिर आप सानामाही मंदिर और पखंबा मंदिर को देख सकते हैं। सानामाही मेतेई वास्तुकला का बेजोड़ नमूना है। इस मंदिर के ऊपर सींगों की आकृति बनी है, जिसको मेतेई लोग पवित्र और शुभ मानते हैं। यहां पर कई दर्शनीय स्थल है, जैसे राजा बोधचंद्र की समाधि और महाराजा नरसिंह की घोड़े पर सवार मूर्ति आदि। इसके अलावा यहां महाराजा नरसिंह द्वारा बनवाया गया श्री गोविंद जी मंदिर भी देख सकते हैं। लोकताक लेक आप इस दौरान लोकताल लेक भी जा सकते हैं। यह पूरे नॉर्थ ईस्ट की सबसे बड़ी और फ्रेश वाटर लेक है। इसकी खासियत है कि झील के ऊपर तैरते हुए भूखंड हैं, जिनको स्थानीय भाषा में 'फुम्डी' भी कहा जाता है। फुम्डी वनस्पति और अन्य जैविक तत्वों से बना एक बायोमास होता है, जो जमीन की शक्ल ले लेता है, लेकिन पानी के ऊपर तैरता रहता है। मोइरांग के पास लोकताक झील स्थित है, जहां आईएनए का संग्रहालय भी है। इस संग्रहालय में नेताजी सुभाष चंद्र बोस और उनकी सेना से संबंधित वस्तुएं देख सकते हैं। वहीं आप इंडियन पीस मेमोरियल देख सकते हैं। यह स्मारक उन भारतीय शहीदों की याद में बनाया गया है, जोकि सेकेंड वर्ल्ड वॉर में आजाद हिंद फौज के तहत जापानी सेना के साथ मिलकर लड़े थे। इस रेड हिल के पास उन्होंने ब्रिटिश सेना को हराया था। इन बातों का रखें खास ध्यान ट्रेन से इंफाल जाने के लिए आपको सबसे पहले दीमापुर या गुवाहाटी जाना होगा। यहां से इंफाल के लिए बस ले सकते हैं। इसके अलावा देश के सभी प्रमुख शहरों से फ्लाइट द्वारा भी आप यहां पर जा सकते हैं। आप सितंबर से लेकर अप्रैल के लिए बीच का समय इंफाल जाने के लिए सबसे बेहतर होता है। क्योंकि इस दौरान यहां का मौसम सुहावना रहता है। मणिपुर राज्य में यात्रा करने के लिए भारतीय नागरिकों को राज्य सरकार से आपको इनर लाइन परमिट लेना जरूरी है। अब यह सुविधा ऑनलाइन मौजूद है। आप मणिपुर सरकार के ऑफिशियल पोर्टल पर जाकर इसके लिए आवेदन कर सकते हैं। इसके अलावा आप इसको कोलकाता, दिल्ली और गुवाहाटी स्थित मणिपुर भवन से भी प्राप्त कर सकते हैं। साथ ही आपको इंफाल एयरपोर्ट पर भी यह उपलब्ध है।
शहर के खेल ढांचे, सांस्कृतिक धरोहर, पर्यटन और नागरिक सुविधाओं को नया विस्तार मिलने जा रहा है। सरकार से वित्तीय वर्ष, 26-27 के तहत जिले के लिए कुल 16 करोड़ 95 लाख रुपये के 14 विकास कार्यों को प्रशासनिक व तकनीकी मंजूरी दे दी है। इसमें से 8.75 करोड़ रुपये योजना मद से तथा 8.20 करोड़ रुपये कन्वर्जेंस (बीडीए, सीएसआर व अन्य मद) से जुटाए जाएंगे। योजना के कुल बजट का 80 फीसदी से अधिक हिस्सा यानी 14.05 करोड़ रुपये अकेले बीकानेर शहरी क्षेत्र के कायाकल्प पर खर्च होगा, जिसके अधिकांश कार्यों का जिम्मा बीकानेर विकास प्राधिकरण को सौंपा गया है। शहरी क्षेत्र में स्वीकृत प्रमुख परियोजनाओं में गजल सम्राट की स्मृति में बनने वाला जगजीत सिंह मेमोरियल म्यूजियम सबसे बड़ा प्रोजेक्ट है जिस पर 5 करोड़ रुपए खर्च होंगे। इसका निर्माण बीडीए करेगा। इसके अलावा बीडीए की ओर से डॉ. करणी सिंह स्टेडियम में खेल सुविधाओं का विस्तार करते हुए डेढ़ करोड़ की लागत से सिंथेटिक ट्रैक, एक करोड़ से दो लॉन टेनिस ग्राउंड, 80 लाख की लागत से तीरंदाजी खेल मैदान, उपकरण व अन्य निर्माण कार्य कराए जाएंगे। पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए एक करोड़ की लागत से जूनागढ़ परकोटे के बाहर सड़क व लाइट कार्य, 50 लाख की लागत से हाईवे पर साइनेज/होर्डिंग व टीएएफ बूथ गुमटी (पर्यटक सहायता केंद्र), डेढ़ करोड़ खर्च कर सर्किट हाउस में नए कमरों का निर्माण किया जाएगा। इसके अलावा जोहड़बीड़ गिद्ध संरक्षण एवं इको-टूरिज्म पर 65 लाख, एसपी मेडिकल कॉलेज ऑडिटोरियम में विद्युतीकरण पर एक करोड़, पवनपुरी में बौद्धिक दिव्यांग पुनर्वास गृह सेवा आश्रम के नवीनीकरण पर 75 लाख, पीजी हॉस्टल सीवरेज को आरयूआईडीपी की मुख्य लाइन से जोड़ने पर 35 लाख 35.00 लाख रुपए खर्च होंगे। ग्रामीण विकास विभाग ने डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी जिला उत्थान योजनांतर्गत इन कार्यों की प्रशासनिक व तकनीकी मंजूरी दी है। कस्बों और ग्रामीण क्षेत्रों के 3 प्रोजेक्ट 1.40 करोड़ रुपए खर्च कर नापासर के राजीव गांधी स्टेडियम में सिंथेटिक वॉलीबॉल, बास्केटबॉल, टेनिस कोर्ट, टेबल टेनिस हॉल, हाई पोल व मॉडर्न कैमरा निर्माण कराया जाएगा। कार्यकारी एजेंसी ईओ, नगर पालिका नापासर होगी। श्रीडूंगरगढ़ में डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी स्टेडियम निर्माण व अन्य कार्यों पर एक करोड़ रुपए खर्च होंगे। कार्यकारी एजेंसी नगर पालिका श्रीडूंगरगढ़ होगी। खाजूवाला में नगर वन / मातृ वन, भ्रमण पथ, हाई मास्ट लाइट व फेंसिंग कार्य पर 50 लाख रुपए खर्च होंगे। कार्यकारी एजेंसी पंचायत समिति खाजूवाला होगी। निर्माण की 4 सख्त शर्तें गुणवत्ता पर समझौता नहीं ई-वर्क पोर्टल अनिवार्य: सभी स्वीकृतियां ‘ई-वर्क पोर्टल’ से ही ऑनलाइन जारी होंगी और कार्यस्थल की अनिवार्य जियो-टैगिंग की जाएगी।सड़क के साथ नाली जरूरी: सीसी रोड या इंटरलॉकिंग खरंजा निर्माण के साथ ही नाली निर्माण अनिवार्य होगा। एक कमेटी की ओर से गुणवत्ता की जांच की जाएगी।नो डुप्लीकेसी: तकनीकी स्वीकृति से पूर्व यह प्रमाणित करना होगा कि कार्य किसी अन्य योजना में शामिल नहीं है।विवादित जमीन पर रोक: कार्य केवल सरकारी व सार्वजनिक उपयोग की भूमि पर ही होंगे। विवादित स्थल पर स्वीकृति नहीं मिलेगी।
फर्जी आधार पर ट्रैवल एजेंसी से किराए पर लेते थे वाहन, फिर कर देते थे गायब
दिल्ली में वाहन चोरी की घटनाओं को अंजाम देने वाले गिरोह के खिलाफ दिल्ली पुलिस और कांके पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई की। गुरुवार सुबह करीब पांच बजे सुहाना सिटी स्थित मुख्य आरोपी समीर अंसारी के आवास पर छापेमारी की गई। पुलिस ने घर से चोरी के दो थार वाहन, चार मोटरसाइकिल और फर्जी नंबर प्लेट बरामद की। हालांकि, समीर पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया। उसके परिजनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस के अनुसार, गिरोह के सदस्य फर्जी आधार कार्ड और पहचान पत्र के सहारे ट्रैवल एजेंसियों से वाहन किराये पर लेते थे और फिर गायब हो जाते थे। पिछले करीब आठ महीनों से इस तरह की घटनाओं को अंजाम देने का आरोप है। बाद में वाहनों की नंबर प्लेट बदलकर उन्हें बेच दिया जाता था या कबाड़ में खपा दिया जाता था। दिल्ली पुलिस ने गिरोह तक पहुंचने के लिए जीपीएस लगे वाहन को ट्रैवल एजेंसी से किराए पर लगवाया था। गिरोह के सदस्य वाहन लेकर कांके पहुंचे, जिसके बाद जीपीएस लोकेशन के आधार पर पुलिस ने छापेमारी की। पुलिस के मुताबिक, समीर घर के पिछले दरवाजे से निकलकर धान के खेत की ओर भाग गया। घर से एक कथित फर्जी पासपोर्ट भी बरामद हुआ है। पुलिस गिरोह के अन्य सदस्यों और चोरी के वाहनों के नेटवर्क की जांच कर रही है।
पिंजौर को पर्यटक केंद्र और राई पर्यटक क्षेत्र में बसाएंगे एथनिक शहर
झालावाड़ में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने लोकमंथन यात्रा का आयोजन किया। इसके तहत विद्यार्थियों को जिले के प्रमुख पर्यटन स्थलों का भ्रमण कराया गया। इस यात्रा का मकसद विद्यार्थियों को क्षेत्र की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत से परिचित कराना था। उन्हें भारतीय संस्कृति, लोक परंपराओं और ऐतिहासिक धरोहर का महत्व समझाया गया। पर्यटन स्थलों के भ्रमण के बाद राजकीय स्नातकोत्तर कॉलेज, झालावाड़ के ऑडिटोरियम में कार्यक्रम का समापन हुआ। नगर अध्यक्ष हर्षित शर्मा और नगर सहमंत्री अजय खुण्डारा के नेतृत्व में यह गतिविधियां हुईं। इस मौके पर जान्वी श्रृंगी, कुलदीप सिंह, सक्षम ठाकुर और अभिमन्यु सिंह सहित विद्यार्थी परिषद के कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।
गुलमर्ग में पर्यटकों और सार्वजनिक शांति भंग करने के आरोप में छह लोगों के खिलाफ पुलिस ने कार्रवाई की है। पुलिस का कहना है कि पर्यटन स्थल पर अनुशासन बनाए रखना और पर्यटकों को सुरक्षित माहौल देना उनकी प्राथमिकता है।
जैसलमेर में अक्टूबर के आखिरी दिनों में तेज गर्मी से लोगों को काफी ज्यादा परेशानी हो रही है। सूरज के तीखे तेवर के देखने को मिल रहे हैं। जहां गुलाबी ठंड होनी चाहिए वहां शहर में अधिकतम तापमान 38.5 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 23.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है, जो सामान्य से काफी अधिक है। दिन में चिलचिलाती धूप और रात के समय भी उमस बरकरार रहने के कारण आम जनजीवन काफी प्रभावित हुआ है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, कल से लेकर अगले पूरे हफ्ते तक जैसलमेर में आसमान साफ रहने और बारिश की कोई संभावना नहीं है। आने वाले दिनों में तापमान में किसी बड़े बदलाव के आसार नहीं हैं, जिससे अगले हफ्ते भी लोगों को इसी तरह की तेज धूप और गर्मी का सामना करना पड़ेगा। दीवाली की आहट पर तीखी धूप आमतौर पर दीवाली के आसपास रेगिस्तानी इलाकों में हल्की ठंडक महसूस होने लगती है और लोग मौसम का लुत्फ उठाते हैं। हालांकि इस बार दिन ढलने के बाद भी गर्मी और उमस से कोई खास राहत नहीं मिल पा रही है। ठंडी हवा की जगह चिपचिपी उमस ने ले ली। इन दिनों भी लोग दिन भर मुंह पर गमछा लपेटकर और छाता लेकर सड़कों पर निकलने को मजबूर हैं। रात में भी गर्मी से राहत नहीं मौसम विभाग के आंकड़ों पर नजर डालें तो जैसलमेर में अधिकतम तापमान 38.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है, जो इस सीजन के सामान्य औसत से काफी अधिक है। वहीं रात का न्यूनतम तापमान भी 23.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ है। इसका सीधा मतलब यह है कि न तो दिन में सुकून मिल रहा है और न ही रात को ठंडक का अहसास हो रहा है। पर्यटन सीजन पर मौसम का डबल अटैक अक्टूबर का महीना जैसलमेर के टूरिज्म सेक्टर के लिए पीक सीजन की शुरुआत माना जाता है। दूर-दराज से आने वाले टूरिस्ट्स को उम्मीद होती है कि वे सुनहरे धोरों पर सुहाने मौसम का लुत्फ उठाएंगे, लेकिन इस बार तपती धूप और तीखी उमस ने सैलानियों का प्लान भी थोड़ा गड़बड़ा दिया है। स्थानीय व्यवसायियों का कहना है कि अगर मौसम जल्द नहीं बदला तो वीकेंड पर घूमने आने वाले टूरिस्ट्स की चहल-पहल पर असर पड़ सकता है। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दो-तीन दिनों तक तापमान में बड़े बदलाव की संभावना कम है।
कैबिनेट की बैठक बृहस्पतिवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में सचिवालय में होगी।
Mandi News: दक्षिण एशिया के प्रमुख पर्यटन व्यापार मेले में दिखेगी सराज घाटी की झलक
प्राकृतिक सौंदर्य, समृद्ध देव संस्कृति और साहसिक पर्यटन की अपार संभावनाओं से भरपूर सराज घाटी को अंतरराष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर पहचान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की जा रही है।
Almora News: भूस्खलन से वृद्ध जागेश्वर मार्ग पांच दिन से बंद, पर्यटन कारोबार ठप
भूस्खलन से वृद्ध जागेश्वर मार्ग पांच दिन से बंद, पर्यटन कारोबार ठप
मंडला में पर्यटन सुविधाएं बढ़ाने के लिए बुधवार को 4.18 करोड़ रुपए के विकास कार्यों का भूमिपूजन और लोकार्पण किया गया। नेहरू उद्यान में 1.90 करोड़ रुपए से बोट क्लब और कैफेटेरिया बनाया जाएगा, जबकि सहस्त्रधारा में 2.28 करोड़ रुपए के विकास और सौंदर्यीकरण कार्यों का लोकार्पण हुआ। पर्यटन से रोजगार बढ़ने की उम्मीद नेहरू उद्यान में निर्माण कार्य का भूमिपूजन मंत्री संपतिया उइके ने सांसद फग्गन सिंह कुलस्ते की मौजूदगी में किया। मंत्री उइके ने कहा कि नर्मदा नदी, प्राकृतिक सुंदरता और जनजातीय संस्कृति मंडला की पहचान हैं। पर्यटन बढ़ने से स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। सांसद कुलस्ते ने कहा कि पर्यटन से स्थानीय व्यापार और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
Travel Tips: Dussehra पर रावण दहन नहीं, Bisrakh और Baijnath जैसे गांवों में होती है पूजा
भारत देश में आपको कई ऐसे अनोखे गांव मिल जाएंगे, जिनकी रहस्यमयी कहानियां सुनकर लोग हैरान रह जाते हैं। भारत अपनी अनोखी परंपराओं और प्राचीन मान्यताओं के लिए विदेशों में भी फेमस है। यहां पर आपको कदम-कदम पर इतिहास के अलग-अलग रंग देखने को मिल जाएंगे। वहीं दशहरे के मौके पर रावण, कुंभकरण और मेघनाद जैसे दानवों के पुतले जलाए जाते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि भारत में कुछ ऐसे गांव भी हैं, जहां पर रावण दहन नहीं बल्कि उनकी पूजा-अर्चना की जाती है। ऐसे में आज इस आर्टिकल के जरिए हम आपको इन अनोखे गांव के बारे में बताने जा रहे हैं। बैजनाथ, कांगड़ा हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में स्थित बैजनाथ में रावण ने घोर तपस्या करके भगवान शिव को प्रसन्न किया था। यहीं पर रावण ने महादेव को अपने 10 सिर अर्पित किए थे। वहीं दशानन की अटूट भक्ति की वजह से यहां के स्थानीय लोग रावण को महादेव का परम भक्त मानते हैं। यहां पर दशहरे के मौके पर रावण दहन की बजाय लोग दीपक जलाकर पूजा करते हैं। इसे भी पढ़ें: भारत-तिब्बत सीमा पर 3,450 मीटर ऊंचाई पर बसा है Chitkul, Kinnaur के इस गांव का रास्ता बिसरख गांव उत्तर प्रदेश के बिसरख गांव का नाम लंकापति रावण के पिता महर्षि विश्रवा के नाम पर पड़ा था। इसलिए इस गांव के लोग दशानन को अपना बेटा मानते हैं। यही वजह है कि यहां पर कभी रामलीला का आयोजन नहीं होता है और न ही दशहरा के मौके पर रावण दहन किया जाता है। इस गांव में दशहरा के दिन शोक का माहौल रहता है। वहीं रावण की आत्मा की शांति के लिए विशेष पूजा भी की जाती है। मंदसौर मध्य प्रदेश के मंदसौर के स्थानीय लोग दशानन रावण को अपने क्षेत्र का दामाद मानते हैं। इस जगह का प्राचीन नाम 'दशपुर' था। जिसको रावण की पत्नी मंदोदरी का मायका माना जाता है। मंदसौर के खानपुरा में दशहरे के दिन रावण दहन नहीं किया जाता है। वहीं महिलाएं जब रावण की प्रतिमा के सामने से गुजरती है, तो दामाद होने के नाते उसके सम्मान में घूंघट निकालती हैं। बस्तर और दक्षिण भारत मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के बस्तर क्षेत्र में गोंड और बैगा आदिवासी समुदाय के लोग ताड़का को अपनी रक्षक और कुलदेवी के रूप में मानते हैं। वहीं कर्नाटक के कोलार और मांड्या जिले में भी ऐसे गांव हैं, जहां पर ताड़का की शक्तियों और रावण के ज्ञान का आदर किया जाता है। यहां के निवासी दीपक जलाकर उनकी पूजा करते हैं। कैसे पहुंचे इन अनोखे गांवों तक बता दें कि इस सभी जगहों पर आप ट्रेन या फ्लाइट के जरिए पहुंच सकती हैं। नजदीकी रेलवे स्टेशन या एयरपोर्ट पर पहुंचते ही आप कई लोकल टैक्सी या कैब आसानी से मिल जाएंगी। जिससे आप इन गांवों तक पहुंच सकती हैं।
झारखंड: सेवाती घाटी की बदलेगी तस्वीर! मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पर्यटन स्थल बनाने के दिए निर्देश
झारखंड के बोकारो जिले के कसमार प्रखंड में स्थित प्राकृतिक सुंदरता से भरपूर सेवाती घाटी को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की उम्मीद बढ़ गई है।
Travel Tips: राजस्थान के Bera में लें बजट Night Safari और Jawai Dam का अद्भुत आनंद
राजस्थान अपने रेतीले टीले और ऐतिहासिक महलों के लिए जाना जाता है। अक्सर लोग छुट्टियां मिलने पर राजस्थान की फेमस जगहों पर घूमने के लिए निकल जाते हैं। लेकिन कुछ ज्यादा फेमस जगहों पर पर्यटकों की भारी भीड़ देखने को मिलती है। ऐसे में अगर आप सुकून के पल बिताने के साथ नाइट जंगल सफारी का मजा लेना चाहती हैं। तो आपको राजस्थान के पाली जिले में बसा छोटा सा कस्बा 'बेरा' जाना चाहिए। यह जगह आपके लिए बेस्ट डेस्टिनेशन साबित हो सकता है। राजस्थान की खास जगह यह इलाका जवाई बांध और अरावली की ग्रेनाइट पहाड़ियों के आसपास फैला हुआ है। जोकि पूरे देश में तेंदुओं की आबादी के लिए जाना जाता है। जैसलमेर या जोधपुर के महंगे टूर पैकेजों की जगह आप बजट में बेहतरीन नाइट जंगल सफारी का एक्सपीरियंस लेने के लिए राजस्थान की इस फेमस जगह बेरा जा सकती हैं। इसे भी पढ़ें: लुधियाना में है मां महागौरी का यह सिद्ध शक्तिपीठ मंदिर, महाअष्टमी पर करें दर्शन; जानें कैसे पहुंचे और क्या है खास? नाइट जंगल सफारी अक्सर लोग महंगे नेशनल पार्कों और कोर टाइगर रिजर्व्स में जाते हैं। लेकिन इसकी जगह बेरा में सफारी का एक अगल ही मजा है। यहां पर बाकी जगहों की तुलना में काफी कम खर्च होगा और आपकी ट्रिप यादगार बन सकती है। जैसलमेर या रणथंभौर की महंगी सफारी के चक्कर में पड़ने की जगह बेरा में स्थानीय गाइडों के साथ खुली जीप में आसानी से नाइट सफारी प्लान कर सकती हैं। यहां पर सरकारी सफारी की एडवांस बुकिंग को लेकर परेशान नहीं होना होगा। होमस्टे और कैंपिंग जब आप जोधपुर या जैसलमेर जैसी जगहों पर जाती हैं, तो यहां पर आप महंगे हेरिटेज होटल की बजाय बेरा और उसके आसपास के गांवों में होमस्टे में रुक सकते हैं। यब आपको आसानी से बजट में मिल जाएंगे। होमस्टे में आपको 800 से 1,500 रुपए तक में रहने के लिए अच्छे कमरे मिल जाएंगे। यहां आप रात में कैंपफायर का मजा लेने के साथ-साथ पारंपरिक राजस्थानी भोजन का स्वाद ले सकते हैं। देखें जवाई बांध और प्राकृतिक नजारे रात के समय सफारी के दौरान आपको तेंदुए के अलावा जंगल कैट, लोमड़ी, सियार और लकड़बग्घा जैसे जानवर देखने को मिल सकते हैं। जानवरों के अलावा आप बेरा के बेहद खूबसूरत प्राकृतिक नजारों का भी लुत्फ उठा सकती हैं। इस इलाके में फेमस जलाशय 'जवाई बांध' भी है। यहां पर आपको सैकड़ों मगरमच्छ पानी के किनारे धूप सेंकते दिख जाएंगे। ऐसे पहुंचे राजस्थान के बेरा गांव यहां पहुंचने का सबसे नजदीकी हवाई अड्डा उदयपुर महाराणा प्रताप एयरपोर्ट है। जोकि करीब 150 किमी दूर है। वहीं जोधपुर एयरपोर्ट करीब 170 किमी दूर है। इसके अलावा यहां का नजदीकी रेलवे स्टेशन 'जवाई बांध' और 'फालना' है। यहां से आपको सीधी टैक्सी या बसें मिल जाएंगी।
इटली में रोमांटिक वेकेशन पर जहीर खान और सागरिका
एक्ट्रेस सागरिका घाटगे और पूर्व क्रिकेटर जहीर खान ने इटली वेकेशन की तस्वीरें इंटरनेट पर शेयर की हैं. दोनों ने वहां के खूबसूरत नजारे भी दिखाए हैं. कपल ने इटली के टस्कन में सुकून के पल बिताए.
Backpackers और Solo Travelers के लिए Dharamshala के करीब Naddi Village बना नया ठिकाना
बारिश और ठंड के बीच का मौसम बेहद सुहावना होता है। ज्यादातर लोग इस मौसम में काम से छुट्टी लेकर फैमिली या फिर दोस्तों के साथ घूमने के लिए जाते हैं। इस मौसम में हिमाचल प्रदेश की हसीन वादियों में बसा धर्मशाला एक्सप्लोर करने लायक होता है। हालांकि अधिकतर लोग छु्ट्टियों में धर्मशाला या मैक्लोडगंज जाने का प्लान करते हैं। लेकिन इन जगहों पर पर्यटकों की भारी भीड़ देखने को मिलती है। ऐसे में आज इस आर्टिकल के जरिए हम आपको एक ऐसी खूबसूरत जगह के बारे में बताने जा रहे हैं, जोकि धर्मशाला से करीब 15 किमी की दूरी पर है। बैकपैकर्स, ब्लॉगर्स और सोलो ट्रैवलर्स के लिए यह ऑफबीट डेस्टिनेशन जन्नत साबित हो सकती है। इसे भी पढ़ें: Travel Tips: कम बजट में 2 दिन का सुकून देंगे Delhi NCR के पास स्थित Morni Hills और Sariska नड्डी गांव अक्सर लोग छुट्टियों पर भीड़भाड़ वाली जगह पर जाने से कतराते हैं। ऐसे में अगर आपका भी धर्मशाला या मैक्लोडगंज जाने का प्लान भारी भीड़, ट्रैफिक जाम और महंगे होटलों की वजह से कैंसिल हो रहा है। तो आपको धर्मशाला से कुछ ही दूरी पर मौजूद एक बेहद खूबसूरत जगह पर जाना चाहिए। धर्मशाला और मैक्लोडगंज में हमेशा आपको पर्यटकों की भारी भीड़ देखने को मिलेगी। इस वजह से यहां के होटल भी काफी महंगे होते हैं। लेकिन आप धर्मशाला से कुछ किमी दूर स्थित नड्डी गांव जा सकती हैं। यह गांव कल-कल बहती पहाड़ी नदियों, खूबसूरत झरनों के दृश्यों और देवदार के लंबे पेड़ों के लिए जाना जात है। आप यहां पर सिर्फ 300 से 500 रुपए में होमस्टे या बेड बुक कर सकती हैं। यहां पर आप पहाड़ों की विशाल चोटियों के खूबसूरत नजारों को निहार सकती हैं। ट्रैकिंग और लोकल फूड नड्डी गांव में कई बेहद खूबसूरत ट्रैकिंग और हाइकिंग रूट्स बने हुए हैं। जोकि खासकर ट्रैकिंग पसंद करने वाले लोगों के लिए बेस्ट हैं। वहीं इन रास्तों पर आपको छिपे हुए पहाड़ी नाले, झरने और हरे-भरे जंगल देखने को मिलेंगे। आप यहां पर पारंपरिक खाने का स्वाद ले सकती हैं। यहां पर आपको मोमोज और सिड्डू जैसी कई स्वादिष्ट पहाड़ी डिशेज खाने को मिल जाएंगी। ऐसे जाएं नड्डी गांव बता दें कि यहां का नजदीकी एयरपोर्ट कांगड़ा एयरपोर्ट है, जोकि धर्मशाला से करीब 13 किमी दूर है। वहीं सबसे नजदीक पठानकोट रेलवे स्टेशन है। आप दिल्ली या चंडीगढ़ से सीधे स्लीपर बस से धर्मशाला पहुंच सकती हैं। फिर आप कैब या शेयरिंग ऑटो बुक करके इस खूबसूरत गांव पहुंच सकती हैं।
Travel Tips: कम बजट में 2 दिन का सुकून देंगे Delhi NCR के पास स्थित Morni Hills और Sariska
वीकेंड आते ही दिल्ली की भागदौड़ से दूर किसी शांत और सुकून वाली जगह पर जाने का मन करता है। लेकिन इसमें बजट और समय दोनों ही बाधा बनते हैं। अगर आपके पास सिर्फ दो दिन का समय है और करीब 5000 रुपए का ही बजट है, तो आप दिल्ली-एनसीआर से कई बेहद खूबसूरत और शांत जगहों पर जाने का प्लान कर सकती हैं। वहीं इन ट्रिप के लिए लंबी छुट्टी और ज्यादा खर्च की भी जरूरत नहीं होगी। दिल्ली के आसपास कई ऐसी जगहें हैं, जहां पर आपको एक ही ट्रिप में झील, जंगल, पहाड़ और हरियाली देखने को मिल सकती है। ऋषिकेश गंगा, पहाड़ और एडवेंचर का अनुभव एक साथ लेने के लिए ऋषिकेश एक बेहतरीन जगह है। अगर आपकी लिस्ट में पहाड़ों के अलावा रोमांच और नदी भी शामिल है, तो आपके लिए ऋषिकेश परफेक्ट जगह है। दिल्ली से बस के जरिए यहां पहुंचना आसान है। इसे भी पढ़ें: Navratri पर Kanpur के Ghatampur स्थित मां कूष्मांडा मंदिर के दर्शन करने की Travel Guide मोरनी हिल्स मोरनी हिल्स पर आपको पहाड़ और झील दोनों का अनुभव मिल सकता है। दिल्ली से वीकेंड ट्रिप के लिए यह एक परफेक्ट ऑप्शन है। पंचकूला जिले में स्थित हरियाणा का यह प्रमुख हिल स्टेशन है। यहां आप पहाड़ियों के अलावा टिक्कर ताल की खूबसूरती को निहार सकेंगे। झील के आसपास का पहाड़ी वातावरण और हरियाली आपको सुकून देने का काम करती है। दो दिन की ट्रिप में यहां घूमना और आसपास के इलाकों को देखना संभव है। बजट कम रखना हो, तो आपको परिवहन और होमस्टे का ऑप्शन चुना जा सकता है। लैंसडाउन जंगल और शांत पहाड़ के बीच सुकून की छुट्टियां बिताने के लिए लैंसडाउन बेहद खूबसूरत जगह हैं। उत्तराखंड के लैंसडाउन उन लोगों के लिए खास आकर्षण है, जो कि भीड़भाड़ से दूर शांत पहाड़ी माहौल में समय बिताना चाहते हैं। देवदार के पेड़, आसपास के जंगल और पहाड़ी रास्ते इस जगह को खास बनाते हैं। यहां पर आप वीकेंड में जा सकते हैं। वहीं बजट में यात्रा के लिए होमस्टे और यात्रा पर खर्च को कंट्रोल करने में मदद मिल सकती है। नैनीताल अगर आप भी थोड़ा लंबा सफर करने के लिए तैयार हैं, तो आपको नैनीताल में झील और पहाड़ दोनों मिल जाएंगे। आप नैनी झील के आसपास घूम सकते हैं, पहाड़ी नजारे देख सकते हैं और माल रोड पर वॉक करते हुए अपने समय को खास बना सकते हैं। हालांकि पीक सीजन में यहां के होटल और परिवहन आदि महंगे हो सकते हैं। इसलिए 5 हजार के बजट में आने-जाने के लिए ऑफ-पीक डेट, बस यात्रा और बजट स्टे चुनना ज्यादा सही रहेगा। सरिस्का दिल्ली के आसपास जंगल सफारी के साथ-साथ वीकेंड ट्रिप का मजा लेने के लिए आप सरिस्का जा सकते हैं। अगर आपको भी पहाड़ों से ज्यादा जंगल पसंद हैं, तो राजस्थान के सरिस्का जाना चाहिए। सरिस्का टाइगर रिजर्व में आप जंगल सफारी का मजा ले सकते हैं। आप आसपास के ऐतिहासिक स्थलों और अरावली के प्राकृतिक वातावरण को भी देख सकेंगे। हालांकि जंगल सफारी की फीस और उपलब्धता अलग हो सकती है, इसलिए पहले ऑफिशियल जानकारी देखना सही होगा।
बॉलीवुड के सबसे चहेते और पावर कपल्स में शुमार कियारा आडवाणी और सिद्धार्थ मल्होत्रा इन दिनों अपनी जिंदगी के बेहद खूबसूरत फेज का आनंद ले रहे हैं। पहली बार माता-पिता बनने के लगभग एक साल बाद यह कपल अब अपने दूसरे बच्चे का स्वागत करने के लिए पूरी तरह ...
Travel Tips: Vrindavan के Chhatikara में स्थित Char Dham Mandir में करें चार धामों के दर्शन
वृंदावन का नाम आते ही लोगों के मन में सबसे पहले राधा-कृष्ण और मंदिरों के बारे में ख्याल आता है। यहां पर देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु के दर्शन के लिए आते हैं। लेकिन वृंदावन के छटीकरा इलाके में एक ऐसा मंदिर भी हैं, जहां पर आपको एक ही स्थान पर अलग-अलग देवी-देवताओं के दर्शन हो सकते हैं। इसको चारधाम मंदिर के नाम से भी जाना जाता है। यहां पर आपको राधा-कृष्ण धाम, शिव धाम, शनि धाम और वैष्णो माता धाम देखने को मिलेंगे। चार धाम मंदिर बड़ा होने के साथ-साथ काफी ज्यादा बड़ा भी है। ऐसे में अगर आप भी वृंदावन जाने का प्लान कर रही हैं, तो आप चार धाम को भी अपनी ट्रिप में शामिल कर सकती हैं। ऐसे में आज इस आर्टिकल के जरिए हम आपको इस बारे में पूरी जानकारी देने जा रहे हैं। इसे भी पढ़ें: Lepchajagat में WBFDC लॉज और Homestay से निहारें Kanchenjunga, प्रकृति प्रेमियों के लिए बेस्ट वृंदावन में चार धाम मंदिर वृंदावन के छटीकरा इलाके में चार धाम मंदिर है। मथुरा और आगरा की ओर जाते समय NH-2 से इस जगह की बड़ी मूर्तियां दूर से ही नजर आने लगती हैं। यहां पर भगवान शिव और मां वैष्णो देवी की बड़ी मूर्तियां शामिल हैं। जो इस मंदिर की खास पहचान है। यहां पर एक बड़ा धार्मिक परिसर है, जिसको अलग-अलग देवी-देवताओं के दर्शन के लिए बनाया गया है। एक जगह कर सकेंगे चार धामों के दर्शन इस मंदिर की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यहां पर आपको चार अलग-अलग धामों के दर्शन एक साथ हो जाएंगे। इसमें राधा-कृष्ण धाम, शनि धाम, शिव धाम और वैष्णो देवी धाम शामिल हैं। शनि धाम चार धाम मंदिर के शनि धाम में आप शनिदेव के भी दर्शन कर सकते हैं। यहां पर शनिवार को बड़ी संख्या में भक्त आते हैं और शनिदेव पर तेल अर्पित कर पूजा करते हैं। तो वहीं कई लोग परिवार की सुख-समृद्धि और जीवन में स्थिरता की कामना लेकर मंदिर में आते हैं। यहां की खासियत है कि आपको यहां भरपूर शांति मिलेगी। राधा-कृष्ण धाम राधा-कृष्ण धाम भी इस मंदिर का बेहद खूबसूरत हिस्सा है। यहां पर भगवान कृष्ण और राधारानी की सुंदर प्रतिमाएं हैं। यह तो सभी लोग जानते हैं कि वृंदावन का संबंध भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं से जुड़ा है। इसलिए यहां पर बने इस राधा-कृष्ण धाम को लोग देखने क लिए आते हैं। यहां पर भजन-कीर्तन और आरती होती है, वहीं राधाष्टमी और जन्माष्टमी के मौके पर इस मंदिर को विशेष रूप से सजाया जाता है। शिव धाम यहां पर शिव धाम में शिवलिंग और महादेव की खूब बड़ी प्रतिमा है। भगवान भोलेनाथ की मूर्ति की ऊंचाई करीब 175 फीट है। ऐसे में जो भी वृंदावन आता है, वह यहां पर आकर भगवान शिव के दर्शन जरूर करता है और कई लोग तो फोटो भी क्लिक कराते हैं। वैष्णो माता धाम चार धाम मंदिर में वैष्णो देवी का धाम भी है। यहां पर आप माता के अलग-अलग स्वरूपों के दर्शन कर सकते हैं। नवरात्रि के दौरान यहां पर खास आयोजन होते हैं। इस दौरान लोग बड़ी संख्या में मंदिर पहुंचते हैं। वहीं यहां पर आपको महादेव के साथ माता की 141 फीट ऊंची मूर्ती देखने को मिलेगी। ऐसी है मंदिर की बनावट चार धाम मंदिर में आपको पुरानी पारंपरिक मंदिर शैली के साथ-साथ मॉडर्न डिजाइन का बेहतरीन कॉम्बिनेशन देखने को मिलेगा। यहां एक बड़ा सा मेन गेट, सुंदर सा परिसर और अलग-अलग देवी-देवताओं की मूर्तियां लगी हैं। मंदिर में अच्छी खासी लाइटिंग की भी व्यवस्था है। साथ ही देवी-देवताओं की सुंदर मूर्तियां और सजावट के कारण यहां की खूबसूरती देखने लायक होती है। चार धाम मंदिर जाने का समय और अन्य जानकारी अगर आप भी वृंदावन के चार धाम मंदिर जाने का प्लान कर रही हैं, तो उससे पहले ये जरूरी बातें नोट कर लें। स्थान - छटीकरा, वृंदावन दर्शन का समय - सुबह 7 बजे से दोपहर 1 बजे तक शाम का समय - शाम को 4 बजे से रात 8:30 बजे तक यहां पर कोई एंट्री फीस नहीं है।
घूमने से ज्यादा होटल में ठहरना पसंद कर रही Gen Z, जानिए क्या है ट्रैवल का नया ट्रेंड
छुट्टियां बिताने के लिए आप किसी जगह पर जाएं और घूमने फिरने की जगह सिर्फ होटल के रूम में समय बिताएं ये सुनना अजीब लग सकता है लेकिन आजकल के Gen Z ऐसा करना ही पसंद कर रहे हैं। ऐस में जानिए क्या है ट्रैवल का नया ट्रेंड ‘रूम रॉटिंग’।
Budget Travel Tips: केवल ₹5,000 में घूमें उत्तराखंड के ये 3 गांव, दिल्ली-NCR वालों के लिए बेस्ट लॉन्ग वीकेंड प्लान
Punjab Tourism: Dangal से Jab We Met तक Punjab के इन मशहूर Shooting Locations की करें सैर
पंजाब सिर्फ अपने स्वादिष्ट खाने, मेहमानवाजी और संस्कृति के लिए ही नहीं जाना जाता है। बल्कि यहां पर कई ऐसी खूबसूरत और ऐतिहासिक जगहें भी हैं, जोकि बॉलीवुड फिल्मों में नजर आ चुकी हैं। कभी बॉलीवुड के सितारे इन खेतों में रोमांस करते दिखे, तो कभी पुरानी हवेलियों और किलों मे फिल्मों की कहानी को और भी ज्यादा खूबसूरत बनाया। यही कारण है कि फिल्मी लोकेशन पसंद करने वाले लोगों के लिए पंजाब की कुछ जगहें किसी ड्रीम डेस्टिनेशन से कम नहीं हैं। ऐसे में अगर आप भी पंजाब घूमने का प्लान कर रही हैं, तो हम आपको पंजाब की कुछ बेहद खूबसूरत जगहों के बारे में बताने जा रहे हैं। पटियाला पंजाब का पटियाला शहर अपने ऐतिहासिक महलों, इमारतों और खूबसूरत गलियों के लिए जाना जाता है। फिल्म 'जब वी मेट' और 'बॉडीगार्ड' में शहर की शाही वास्तुकला देखने को मिलती है। ऐसे में आप भी अपने पार्टनर के साथ पटियाला घूमने के लिए जा सकती हैं। इसे भी पढ़ें: October में Kolkata Trip का बनाएं प्लान, Durga Puja के साथ घूमें ये प्रमुख जगहें अमृतसर अमृतसर, पंजाब के सबसे फेमस जगहों में से एक है। यहां पर स्वर्ण मंदिर यानी की गोल्डन टेंपल से लेकर पुरानी गलियों तक हर एक कोना अलग है। तापसी पन्नू की फिल्म 'मनमर्जियां' में पंजाब के अमृतसर का खूबसूरत नजारा दिखाया गया है। ऐसे में आप भी यहां जाने का प्लान बना सकती हैं। लुधियाना पंजाब की असली खूबसूरती देखने के लिए आपको लुधियाना और इसके आसपास के इलाकों को एक्सप्लोर करना चाहिए। सरसों के रंग, खेत और पंजाबी माहौल फिल्मों में खूब दिखाए जाते हैं। आपको यहां पर फिल्म 'रब ने बना दी जोड़ी' वाला रोमांटिक माहौल मिलेगा। गुज्जरवाल और नारंगवाल गांव बॉलीवुड की फिल्म दंगल की पंजाब और हरियाणा की कई जगहों पर शूटिंग हुई है। फिल्म में दिखाए जाने वाले कई सीन पंजाब के गांव गुज्जरवाल और नारंगवाल के हैं। ऐसे में अगर आप भी इस गांव के सुंदर नजारे देखना चाहती हैं, तो आप यह गांव घूमने के लिए जा सकती हैं। मोहाली पंजाब की यह जगह तब अधिक लोकप्रिय हुई थी, जब बॉलीवुड अभिनेता शाहिद कपूर की फिल्म की शूटिंग यहां हुई थी। इसके अलावा एक्ट्रेस तमन्ना भाटिया की फिल्म की भी यहां पर शूटिंग हो चुकी है। ऐसे में आप भी इस जगह को एक्सप्लोर कर सकते हैं।
World Tourism Day: बजट में घूमने के लिए भारत की ये खूबसूरत जगहें हैं बेस्ट, दिल्ली से हैं नज़दीक
अगर आपको घूमना पसंद है तो आप दिल्ल से नज़दीक इन खूबसूरत जगहों पर घूमने जा सकते हैं। अच्छी बात यह है कि इन जगहों पर आप बजट में ही यात्रा कर सकते हैं।
पेरेंट्स के साथ घूमने का है मन? यहां देखिए ट्रैवल फ्रेंडली 5 ऑफबीट जगह
परिवार के साथ घूमने की बात आती हैं तो अक्सर जगह को लेकर कंफ्यूजन होता रहता है कि पेरेंट्स को लेकर कहां जाएं। ऐसे में यहां हम 5 ट्रैवल फ्रेंडली ऑफबीट जगहों के बारे में बता रहे हैं। जानिए-
विश्व पर्यटन दिवस: पहाड़, समुद्र या जंगल? अपने मूड के हिसाब से चुनें भारत की ये शानदार डेस्टिनेशन
World Tourism Day 2026: विश्व पर्यटन दिवस पर हम आपको बताएंगे भारत की खूबसूरत और ऐतिहासिक जगहों के बारे में, जहां आपको कम से कम एक बार घूमने अवश्य जाना चाहिए।
चाहत खन्ना की मालदीव वेकेशन की तस्वीरें इंटरनेट पर छाईं
टीवी एक्ट्रेस चाहत खन्ना की मालदीव वेकेशन की तस्वीरें सोशल मीडिया पर चर्चा में हैं। उन्होंने बीच और पूल से अपनी छुट्टियों की कई तस्वीरें साझा कीं, जिनमें वह वेकेशन एन्जॉय करती नजर आईं।
कैमूर: प्रमुख पर्यटन स्थल करमचट डैम में दिखा मगरमच्छ, मोटरबोट की सुविधा वाले जलाशय में बढ़ा खतरा
3 सितंबर, गुरुवार: कैमूर के करमचट डैम में मगरमच्छ तैरता दिखाई दिया। डैम में मोटरबोट की सुविधा होने से पर्यटकों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
प्रेग्नेंट दीपिका और बेटी दुआ को लेकर वेकेशन पर निकले रणवीर सिंह! बेबी बंप फोटोज देख चहक उठे फैंस
Ranveer Singh Deepika Padukone Photos Fact Check:
Gaurav Khanna माता-पिता के साथ मसूरी वेकेशन पर निकले, बारिश में फंसे तो ऐसे किया एन्जॉय
एक्टर गौरव खन्ना सोशल मीडिया पर काफी एक्टिव हैं। एक्टर लगातार अपने फैंस के साथ अपनी जिंदगी से जुड़े अपडेट शेयर कर रहे हैं। हाल ही में गौरव ने एक नया वीडियो शेयर कर बताया कि वह अपने माता-पिता के साथ मसूरी वेकेशन पर गए हैं। गौरव ने वीडियो में उस कार की झलक भी दिखाई, जिसमें वह अपनी मां और पिता के साथ सफर कर रहे हैं। पहाड़ों की ओर जाते हुए गौरव काफी खुश नजर आए। वीडियो में उन्होंने कहा, बादलों के बीच में जाते हुए। इस वीडियो के साथ उन्होंने मसूरी का नाम भी लिखा। बारिश में फंसे गौरव खन्ना मसूरी पहुंचने के बाद गौरव ने एक और वीडियो शेयर किया, जिसमें वह बारिश का मजा लेते नजर आए। उन्होंने बताया कि वहां बारिश काफी तेज हो रही थी। गौरव ने कहा कि उन्होंने छतरी भी ली थी, लेकिन तेज बारिश की वजह से उनके हाल खराब हो गए। इसके बाद गौरव एक रेस्टोरेंट में चाय पीते नजर आए। उन्होंने कहा कि ट्रिप पर इतनी बारिश में आएंगे तो ऐसा होना ही है, लेकिन यही तो ट्रिप का मजा है। वीडियो के आखिर में गौरव ने मजाकिया अंदाज में कहा, मजा भी है। इसे भी पढ़ें: Tumbbad 2 की रेकी के दौरान हुआ बड़ा खुलासा: उसी खौफनाक हवेली में टीम को मिला 8 साल पुराना रहस्यमयी खजाना! फैंस ने गौरव के वेकेशन को बताया जरूरी गौरव खन्ना के ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। फैंस को उनका अपने माता-पिता के साथ समय बिताना काफी पसंद आ रहा है। कई फैंस का मानना है कि गौरव को इस तरह के ब्रेक और वेकेशन की जरूरत थी। कुछ फैंस ने गौरव और उनकी पत्नी आकांक्षा चमोला के रिश्ते को लेकर भी कमेंट किए। फैंस का कहना है कि आकांक्षा से अलग रहने के बाद गौरव के लिए परिवार के साथ समय बिताना और घूमना अच्छा है। इसे भी पढ़ें: Pune में घर खरीदने के बाद अब शादी की जिम्मेदारियों पर क्या बोले Parth Samthaan गौरव खन्ना और आकांक्षा चमोला का अभी तक नहीं हुआ तलाक गौरव खन्ना और आकांक्षा चमोला की शादी और तलाक को लेकर लंबे समय से चर्चा होती रही है। लॉकअप 2 में गौरव, आकांक्षा को सपोर्ट करने पहुंचे थे। उस दौरान एक्टर ने बताया था कि दोनों अभी भी कानूनी तौर पर शादीशुदा हैं और उनका तलाक नहीं हुआ है। वहीं, लॉकअप 2 के बाद आकांक्षा चमोला ने भी बताया था कि अभी तक तलाक के पेपर साइन नहीं हुए हैं। फिलहाल दोनों अपने-अपने प्रोजेक्ट्स में बिजी हैं। इस बीच गौरव अपने माता-पिता के साथ मसूरी ट्रिप का आनंद लेते नजर आ रहे हैं।
राजधानी दिल्ली को सिर्फ ट्रांजिट सिटी के बजाय देश-दुनिया के पर्यटकों के लिए पूर्ण पर्यटन गंतव्य बनाने के लिए दिल्ली सरकार ने मंगलवार को चार नए आध्यात्मिक एवं विरासत पर्यटन सर्किट शुरू किए।
कड़कड़ाती सर्दी में बिकिनी पहन पूल में उतरीं रुबीना दिलैक, जापान वेकेशन की दिखाई झलक
टीवी की संस्कारी बहू रुबीना दिलैक रियल लाइफ में काफी ग्लैमरस हैं। वह अक्सर फैंस के साथ अपनी हॉट एंड सिजलिंग तस्वीरें शेयर करती रहती हैं। रुबीना वह छोटे पर्दे की हाई पेड एक्ट्रेसेस में शुमार है। हाल ही में रुबीना ने अपनी जापान ट्रिप की तस्वीरें फैंस ...
स्विमिंग पूल किनारे मोनालिसा का सिजलिंग अंदाज, वेकेशन से शेयर की बोल्ड तस्वीरें
भोजपुरी एक्ट्रेस मोनालिसा हिंदी टीवी इंडस्ट्री में भी अपनी अलग पहचान बना चुकी हैं। इसके अलावा सोशल मीडिया पर भी मोनालिसा की जबरदस्त फैन फॉलोइंग है। वह अपनी ग्लैमरस तस्वीरों से तहलका मचाती रहती हैं। मोनालिसा इन दिनों थाइलैंड में वेकेशन एंजॉय कर रही ...
गोवा में वेकेशन एंजॉय कर रहीं कृष्णा श्रॉफ, शेयर की खूबसूरत तस्वीरें
कृष्णा श्रॉफ निश्चित रूप से जानती हैं कि लोगों का ध्यान कैसे आकर्षित करना है- चाहे वह उनकी MMA चॉप्स हों या उनकी वेकेशन की तस्वीरें। कृष्णा इस दिनों गोवा की धूप और बीच पर छुट्टियां मना रही हैं। इसी बीच कृष्णा श्रॉफ ने सोशल मीडिया पर अपनी ट्रॉपिकल ...
कैंसर के ट्रीटमेंट जंग के बीच वेकेशन मनाने मालदीव पहुंचीं हिना खान, शेयर की खूबसूरत तस्वीरें
टीवी एक्ट्रेस हिना खान भले ही कैंसर से जंग लड़ रही हैं, लेकिन वह अपनी लाइफ को खुलकर जी रही हैं। इस गंभीर बीमारी से जंग लड़ते हुए वह लाइफ का हर पल एंजॉय कर रही हैं। हिना खान इन दिनों मालदीव में वेकेशन एंजॉय कर रही हैं। मालदीव में वेकेशन मनाते हुए ...
Tejasswi Praksh-Karan Kundrra नहीं हुए अलग,रोमांटिक वेकेशन एन्जॉय कर रहा है कपल करीबी दोस्त ने खोला राज
सोशल मीडिया पर भारतीय क्रिकेट टीम के हरफनमौला खिलाड़ी हार्दिक पंड्या और उनकी पत्नी नतासा स्टेनकोविक के अलग होने की अफवाहें जोरों पर हैं। यह सब तब शुरू हुआ जब नतासा ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल से 'पांड्या' उपनाम हटा दिया। प्रशंसकों ने यह भी देखा कि वह आईपीएल मैचों के दौरान स्टैंड्स से गायब थीं। हालांकि, तमाम अटकलों के बावजूद इस जोड़े ने इस मामले पर चुप्पी साध रखी है। दूसरी ओर, एक ताजा रिपोर्ट से पता चलता है कि हार्दिक विदेश में किसी अज्ञात स्थान पर छुट्टियां मना रहे हैं। विस्तार से जानने के लिए आगे पढ़ें। इसे भी पढ़ें: Shabana Azmi ने Shashi Kapoor के साथ इंटीमेट सीन करने से किया था इंकार, सुपरस्टार ने कह दिया था एक्ट्रेस को 'बेवकूफ लड़की' | Read All About नताशा स्टेनकोविक से अलगाव की अफवाहों के बीच हार्दिक पंड्या विदेश में छुट्टियां मना रहे हैं हार्दिक पंड्या की पत्नी नतासा स्टेनकोविक के साथ निजी जिंदगी हाल ही में चर्चा का विषय बनी हुई है। क्रिकबज द्वारा रविवार को प्रकाशित एक रिपोर्ट में दावा किया गया कि अलगाव की अफवाहों के बीच क्रिकेटर विदेश में छुट्टियां मना रहे हैं। अभी लोकेशन का नाम सामने नहीं आया है। इसे भी पढ़ें: Anant Ambani और Radhika Merchant Pre-Wedding Party! तारों भरी रात से लेकर टोगा पार्टी तक, जानें इस बार क्या-क्या होगा खास यह बताया गया है कि इंडियन प्रीमियर लीग से अपनी टीम के बाहर होने के बाद क्रिकेटर ने देश छोड़ दिया। कठिन अवधि के बाद तरोताजा होने के लिए, उन्होंने विदेश में एक सप्ताह की छुट्टी का विकल्प चुना। हार्दिक के शीघ्र ही न्यूयॉर्क में टी20 विश्व कप 2024 के अभ्यास सत्र के लिए भारतीय टीम में फिर से शामिल होने की उम्मीद है। विशेष रूप से, आईपीएल 2024 में मुंबई इंडियंस के लिए रोहित शर्मा की जगह हार्दिक के नेतृत्व की काफी आलोचना हुई। पूरे सीज़न में भारतीय क्रिकेटर को काफी आलोचनाओं का सामना करना पड़ा। इस बीच, वह पेशेवर असफलताओं से जूझ रहे थे। उनकी निजी जिंदगी सुर्खियों में आ गई। कुछ दिन पहले हार्दिक ने अपने सोशल मीडिया पर ढेर सारी तस्वीरें और वीडियो शेयर किए थे। वीडियो में उन्हें पूल में तैरते हुए अच्छा समय बिताते हुए दिखाया गया, जबकि फोटो में वह एक खूबसूरत बैकग्राउंड के साथ पोज दे रहे थे। इसे छोटा और सरल रखते हुए, उन्होंने पोस्ट को कैप्शन दिया था, रिचार्जिंग। पोस्ट के जवाब में, कई प्रशंसकों ने उनके टिप्पणी अनुभाग में बाढ़ ला दी, अपना अटूट समर्थन दिखाया और आगामी विश्व कप के लिए उनकी जय-जयकार की। एक यूजर ने लिखा, “हार्दिक पंड्या जल्द ही टी20 वर्ल्ड कप में वापस आ रहे हैं,” एक अन्य फैन ने लिखा, “हार्दिक टी20 में अपने पुराने मॉडल के साथ आएं और अपने नफरत करने वालों को चुप करा दें। जबकि एक तीसरे फैन ने लिखा, “मजबूत वापसी भाई।” इसके अतिरिक्त, एक प्रशंसक ने लिखा, अपना भाई शेर था और रहेगा तू टेंशन माउंट लेना रे। एक अन्य प्रशंसक ने कहा, कोई बात नहीं हम सब आपके साथ हार्दिक हमारे हीरो हैं। एक अन्य प्रशंसक ने कहा, हार्दिक भाई विश्व कप में वापसी करेगा। हार्दिका पंड्या की पत्नी नतासा ने अलगाव की अफवाहों पर प्रतिक्रिया दी दूसरी ओर, अलगाव की अफवाहों के बीच हार्दिक की पत्नी को शनिवार को पहली बार शहर में देखा गया। अपनी नवीनतम आउटिंग में, उन्हें एक कैफे से बाहर निकलते समय एक करीबी दोस्त के साथ देखा गया था। जाने से पहले एक्ट्रेस ने शटरबग्स के लिए पोज दिए। दरअसल, एक पिता ने उनसे तलाक के बारे में पूछा। हालांकि, इसके जवाब में एक्ट्रेस ने सवाल को नजरअंदाज करने का फैसला किया और सम्मानजनक चुप्पी बनाए रखी. जाने से पहले, उसने बस इतना कहा, बहुत-बहुत धन्यवाद और अपनी प्रतीक्षारत कार की ओर बढ़ गई। अपनी नवीनतम आउटिंग के दौरान, जब वह अपने दोस्त के साथ एक कैफे से बाहर निकली, तो उसे गुलाबी शर्ट के साथ सफेद टॉप और शॉर्ट्स पहने देखा गया। दो महीने पहले एक नौका पर बॉलीवुड अभिनेत्री को प्रस्ताव देने के बाद, हार्दिक और नतासा ने लगभग चार साल पहले 31 मई, 2020 को शादी कर ली थी। उनके पहले बच्चे, अगस्त्य का जन्म 30 जुलाई, 2020 को हुआ था। अपनी तीसरी शादी की सालगिरह मनाते हुए, हार्दिक और नतासा ने उदयपुर में एक भव्य समारोह के साथ अपनी प्रतिज्ञाओं को भी नवीनीकृत किया था। View this post on Instagram A post shared by Hardik Himanshu Pandya (@hardikpandya93) View this post on Instagram A post shared by Viral Bhayani (@viralbhayani)
शादी के तीन महीने बाद हनीमून पर निकलेRakul Preet Singh औरJackky Bhagnani, वेकेशन से वायरल हुई एक्ट्रेस की तस्वीरें
एक बार फिर सिनेमा घरो में दस्तक देने जा रही है क्रिस्टोफ़र नोलन की स्पेस एडवेंचर फिल्मInterstellar,10वीं सालगिरह पर होगी री-रिलीज़

