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स्पैम कॉल्स और 'डिजिटल अरेस्ट' का खतरा: TRAI और CERT-In की नई चेतावनी, तुरंत करें ये काम

Protect yourself from rising spam calls, digital arrest scams, and WhatsApp malware with these new 2026 security guidelines. TRAI

गुड रिटर्न्स 4 Sep 2026 12:34 pm

CJP School Thik Karo अभियान का असर, Alwar से लेकर Rajasthan के कई शहरों में असर। Abhijeet Dipke

राजस्थान में CJP की ‘School Theek Karo Abhiyan’ मुहिम का असर अब स्थानीय स्तर पर भी दिखाई देने लगा है। अलवर के दगदागा गांव में ग्रामीणों और छात्रों ने सरकारी स्कूल में ताला लगाकर शिक्षकों के खाली पद भरने की मांग की।

लाइव हिन्दुस्तान 22 Aug 2026 10:37 pm

18 अगस्त 2026 का पंचांग: सावन के मंगलवार पर कल्कि जयंती और मंगला गौरी व्रत का दुर्लभ महासंयोग! जानिए अभिजीत मुहूर्त, राहुकाल और संपूर्ण पूजा का समय

पवित्र श्रावण मास के शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि यानी आज, 18 अगस्त 2026 का दिन आध्यात्मिक और ज्योतिषीय दृष्टि से अत्यंत पावन और दुर्लभ संयोग लेकर आया है। मंगलवार का दिन होने के कारण जहां एक ओर सुहागिन महिलाएं और कुंवारी कन्याएं अखंड सौभाग्य और सुयोग्य वर की प्राप्ति के लिए सावन का 'मंगला गौरी व्रत' कर रही हैं, वहीं दूसरी ओर कलयुग के अंधकार को समाप्त कर धर्म की पुनर्स्थापना करने वाले भगवान श्रीहरि विष्णु के दसवें अवतार 'कल्कि जयंती' का महापर्व भी आज ही मनाया जा रहा है। किसी भी मांगलिक कार्य, नवीन शुरुआत, पूजा-पाठ और यात्रा की सफलता के लिए सही समय और ग्रह-नक्षत्रों की अनुकूलता देखना बेहद जरूरी होता है। वैदिक पंचांग के अनुसार आज के दिन ग्रह-नक्षत्रों की चाल, शुभ चौघड़िया, राहुकाल का समय और देवी गौरी व भगवान कल्कि की कृपा पाने के विशेष नियम विस्तार से जाने जा सकते हैं।18 अगस्त 2026 का संपूर्ण दैनिक पंचांग: तिथि, नक्षत्र, योग और करणवैदिक काल-गणना के अनुसार आज के पंचांगीय घटक इस प्रकार हैं:विक्रम संवत: 2083 (कालयुक्त)शक संवत: 1948माह (महीना): श्रावण (सावन), अधिक/शुद्ध: शुद्ध श्रावण मासपक्ष: शुक्ल पक्षवार (दिन): मंगलवार (Mangalwar)तिथि: षष्ठी तिथि सायं 05:50 बजे तक, इसके बाद सप्तमी तिथि का प्रारंभ होगा।नक्षत्र: चित्रा नक्षत्र दोपहर 01:42 बजे तक, इसके उपरांत स्वाति नक्षत्र का संचरण होगा।योग: शुक्ल योग रात्रि 09:18 बजे तक, इसके बाद ब्रह्म योग सक्रिय रहेगा।करण: कौलव करण प्रातः 06:40 बजे तक, उसके बाद तैतिल करण सायं 05:50 बजे तक, फिर गर करण रहेगा।सूर्योदय: प्रातः 05:52 AMसूर्यास्त: सायं 06:58 PMचंद्रोदय: प्रातः 10:48 AMचंद्रास्त: रात्रि 10:24 PMसूर्य राशि: सिंह राशि (Sun in Leo)चंद्र राशि: तुला राशि (Moon in Libra - दिन-रात)शुभ मुहूर्त: अभिजीत, विजय और अमृत काल में करें शुभ कार्यसनातन परंपरा में शुभ मुहूर्तों में किए गए कार्यों में दैवीय कृपा प्राप्त होती है और विघ्न-बाधाएं स्वतः समाप्त हो जाती हैं। आज के दिन के सर्वश्रेष्ठ शुभ काल इस प्रकार हैं:ब्रह्म मुहूर्त: प्रातः 04:25 AM से 05:08 AM तक (ईश्वर आराधना, ध्यान और मंत्र जप के लिए सर्वोत्तम समय)।प्रातः संध्या मुहूर्त: प्रातः 04:46 AM से 05:52 AM तक।अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 11:59 AM से 12:51 PM तक (दिन का सबसे शक्तिशाली और सर्वकार्य सिद्धि दायक मुहूर्त)।विजय मुहूर्त: दोपहर 02:36 PM से 03:28 PM तक (व्यापारिक समझौतों, कानूनी कार्यों और नए प्रोजेक्ट्स के लिए उत्तम)।गोधूलि मुहूर्त: सायं 06:58 PM से 07:20 PM तक (संध्या वंदन, दीपदान और मंदिर दर्शन का समय)।सायाह्न संध्या: सायं 06:58 PM से 08:04 PM तक।अमृत काल: प्रातः 07:15 AM से 08:50 AM तक।निशिता मुहूर्त (मध्यरात्रि साधना): रात्रि 12:03 AM से 12:47 AM (19 अगस्त) तक।अशुभ काल: राहुकाल, यमगंड और भद्रा के समय न करें कोई नया कामज्योतिष शास्त्र के अनुसार अशुभ काल में कोई भी नया व्यवसाय, गृह प्रवेश, भूमि पूजन, महत्वपूर्ण अनुबंध पर हस्ताक्षर या बड़ी खरीदारी करने से बचना चाहिए क्योंकि इस दौरान नकारात्मक ऊर्जा का प्रभाव अधिक रहता है:राहुकाल (Rahu Kaal): दोपहर 03:39 PM से सायं 05:18 PM तक (राहुकाल के दौरान किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत पूरी तरह वर्जित मानी गई है)।यमगंड: प्रातः 09:08 AM से 10:46 AM तक।गुलिक काल: दोपहर 12:25 PM से 02:02 PM तक।दुर्मुहूर्त: प्रातः 08:29 AM से 09:21 AM तक तथा रात्रि 11:18 PM से 12:03 AM तक।दिशाशूल: मंगलवार को 'उत्तर दिशा' में दिशाशूल रहता है। अतः आज उत्तर दिशा की लंबी यात्रा करने से बचना चाहिए। यदि यात्रा करना अत्यंत आवश्यक हो, तो घर से निकलने से पहले गुड़ खाकर और थोड़ा पानी पीकर ही प्रस्थान करें।दिन का शुभ चौघड़िया: यात्रा और व्यापारिक फैसलों के लिए श्रेष्ठ समयचर (सामान्य): प्रातः 09:08 AM से 10:46 AM तकलाभ (उन्नति): प्रातः 10:46 AM से दोपहर 12:25 PM तकअमृत (सर्वोत्तम): दोपहर 12:25 PM से 02:02 PM तकशुभ (कल्याणकारी): दोपहर 03:39 PM से सायं 05:18 PM तककल्कि जयंती और मंगला गौरी व्रत का दुर्लभ आध्यात्मिक महत्वआज का दिन दोहरी ईश्वरीय शक्तियों की साधना का दिन है। एक तरफ श्रावण मास का मंगलवार होने से मां पार्वती के मंगलमयी स्वरूप 'मां मंगला गौरी' का व्रत रखा जा रहा है। मान्यता है कि जो महिलाएं सावन के मंगलवार को श्रद्धापूर्वक मां गौरी का 16 श्रृंगार की सामग्रियों के साथ पूजन करती हैं, उनके दांपत्य जीवन के समस्त क्लेश दूर होते हैं, कुंडली में मौजूद मांगलिक दोष शांत होता है और पति को दीर्घायु प्राप्त होती है।वहीं दूसरी ओर, श्रावण शुक्ल षष्ठी को 'कल्कि जयंती' मनाई जाती है। पुराणों के अनुसार, कलयुग के अंत में जब अधर्म अपनी पराकाष्ठा पर होगा, तब भगवान विष्णु उत्तर प्रदेश के संभल में 'कल्कि' रूप में अवतरित होंगे। आज के दिन भगवान विष्णु के कल्कि स्वरूप का ध्यान करने से व्यक्ति के समस्त ज्ञात-अज्ञात पाप, मानसिक विकार और जीवन में आने वाले संकट समाप्त हो जाते हैं।मां मंगला गौरी और भगवान कल्कि की संपूर्ण पूजन विधिप्रातः काल स्नान और संकल्प: सुबह ब्रह्म मुहूर्त या सूर्योदय के समय उठकर स्नान करें। लाल या पीले रंग के स्वच्छ वस्त्र धारण करें और सूर्य देव को तांबे के लोटे से अर्घ्य दें। इसके बाद हाथ में जल, अक्षत और पुष्प लेकर मंगला गौरी व्रत व कल्कि जयंती पूजन का संकल्प लें।मां मंगला गौरी का षोडशोपचार पूजन: पूजा स्थान पर लाल कपड़ा बिछाकर मां पार्वती और भगवान शिव की प्रतिमा स्थापित करें। मां मंगला गौरी को 16 की संख्या में वस्तुएं अर्पित की जाती हैं—जैसे 16 सुहाग सामग्री (सिंदूर, चूड़ी, बिंदी, मेंहदी आदि), 16 फल, 16 फूल, 16 पान के पत्ते, 16 लौंग और 16 इलायची। इसके बाद आटे का 16 मुखी दीपक बनाकर उसमें शुद्ध घी का दीया प्रज्वलित करें।कल्कि देव का अभिषेक व अर्चना: एक चौकी पर पीला वस्त्र बिछाकर भगवान विष्णु/कल्कि देव की प्रतिमा स्थापित करें। उन्हें पंचामृत (दूध, दही, घी, शहद, गंगाजल) से स्नान कराएं। पीले चंदन का तिलक लगाएं और तुलसी दल, पीले पुष्प व पीले मिष्ठान का भोग अर्पित करें।अचूक मंत्र जप: पूजा के समय इन सिद्ध मंत्रों का कम से कम 108 बार रुद्राक्ष या तुलसी की माला से जप करें:मां मंगला गौरी मंत्र: ॐ सर्वमंगल मांगल्ये शिवे सर्वार्थ साधिके। शरण्ये त्र्यम्बके गौरि नारायणि नमोऽस्तु ते॥भगवान कल्कि मंत्र: ॐ नमो कल्किदेवाय क्लीं नमः अथवा ॐ श्री कल्कि अवताराय नमःकथा, आरती और दान: मंगला गौरी व्रत कथा और कल्कि अवतार की कथा का श्रवण करें। कपूर से मां गौरी और भगवान विष्णु की आरती उतारें। पूजा के उपरांत किसी जरूरतमंद ब्राह्मण या सुहागिन महिला को अन्न, फल, वस्त्र और दक्षिणा दान करें।आज के दिन क्या करें और किन गलतियों से बचें?आज मंगलवार और सावन का पवित्र दिन होने के कारण तामसिक भोजन (प्याज, लहसुन, मांसाहार) और मदिरा से पूरी तरह दूरी बनाए रखें। घर में किसी भी प्रकार का कलह, क्रोध या बुजुर्गों का अनादर न करें। राहुकाल (दोपहर 03:39 से सायं 05:18 बजे) के समय किसी भी महत्वपूर्ण कागजात पर हस्ताक्षर न करें और न ही कोई नया सौदा फाइनल करें। हनुमान चालीसा और सुंदरकांड का पाठ करने से आज के दिन मंगल ग्रह के सभी अशुभ प्रभाव शांत होते हैं और कर्ज मुक्ति के मार्ग खुलते हैं।

न्यूज़ इंडिया लाइव 18 Aug 2026 8:39 am

Raksha Bandhan 2026: बोरिंग एथनिक वियर को कहें बाय-बाय, Farsi Salwar Suit से पाएं परफेक्ट Festive Look

रक्षाबंधन का त्योहार नजदीक आ चुका है। ऐसे में आप भी शॉपिंग करने की जरुर सोच रही होंगी। इस पर्व पर हर एक लड़की खूबसूरत एथनिक लुक पाना चाहती हैं। अगर आप इस बार भी वही पुराने बोरिंग सलवार कमीज, अनारकाली या प्लाजो सेट लेना बंद कर दें। इस बार त्योहार पर कुछ हटकर और यूनिक पहनने के लिए फारसी सलवार सूट जरुर खरीदें। यह आपको एकदम पटोला लुक देगा। इन दिनों यह काफी ट्रेंडिंग में है, इसलिए यह रक्षाबंधन पर पहनने के लिए सबसे बेस्ट हो सकता है। रक्षाबंधन पर पहनने के लिए 5 ट्रेंडी फारसी सलवार सूट डिजाइंस रक्षाबंधन पर बोरिंग एथनिक लुक को कहें बाय-बाय, इस बार रॉयल और ग्लैमरस लुक पाने के लिए फारसी सलवार सूट को जरुर पहनें- प्रिंटेड कॉटन फारसी सूट रक्षाबंधन के मौके पर आप खूबसूरत प्रिंटेड कॉटन फारसी सूट को कैरी कर सकती हैं। इस तरह के सूट राखी बांधने या पूजा-पाठ के दौरान पहनने के लिए सबसे बेस्ट होते हैं। यह दिखने में भी काफी सिंपल-सोबर और पहनने में भी काफी ढीले-ढाले होते हैं। लुक को खास बनाने के लिए आप इसके साथ ऑक्सिडाइज्ड ज्वेलरी पहन सकती हैं। हैवी गोटा-पत्ती वर्क फारसी सलवार सेट इन दिनों हैवी वर्क गोटा-पत्ती वाले फारसी सूट भी काफी ट्रेंड में है। यह फेस्टिवल लुक में जान डाल देंगे। इस सूट में आप बला की खूबसूरत नजर आएंगी। इसको आप ऑनलाइन खरीद सकती हैं या फिर बाजार से। इसके साथ मिनिमल मेकअप, एलिगेंट हेयरस्टाइल और गोल्डन ज्वेलरी पेयर कर सकती हैं। एथनिक स्ट्रेट कुर्ता और फारसी सलवार सूट सेट राखी के त्योहार पर रॉयल लुक पाना चाहती हैं, तो आप एथनिक स्ट्रेट कुर्ता और फारसी सलवार सूट सेट वियर कर सकती हैं। साथ ही मैचिंग दुपट्टा कैरी कर सकती हैं। फारसी सलवार सूट वाले लुक में गॉर्जियस दिखने के लिए आप इसके साथ मोजड़ी या जूती पहनकर पैरों की खूबसूरती बढ़ा सकते हैं। लुक को कप्लीट करने के लिए आप कुंदन-पर्ल नेकलेस वियर कर सकती हैं। एम्ब्रॉयडरी बॉर्डर फारसी सलवार सूट रक्षाबंधन पर डिफरेंट लुक पाने के लिए फारसी सलवार सूट के इस डिजाइन को जरुर खरीदें। यह आपको ऑनलाइन मिल जाएगा। एम्ब्रॉयडरी बॉर्डर फारसी सलवार सूट एकदम स्टाइशिल और रॉयल लुक प्रदान करते हैं। इसके साथ ही आप न्यूड मेकअप करके आप अपनी खूबसूरती बढ़ा सकती हैं। बैंड कॉलर मिरर वर्क फारसी सलवार सूट इस बार रक्षाबंधन पर एथनिक लुक को मॉर्डन टच देने के लिए इस तरह का फारसी सलवार सूट बेस्ट रहेगा। इसको आप गोल्डन एक्सेसरीज के साथ पेयर कर सकते हैं। वहीं, फेस्टिवल में आप सबसे यूनिक नजर आएंगी। वैसे भी आजकल फारसी सलवार सूट काफी ट्रेंड में है।

प्रभासाक्षी 17 Aug 2026 4:38 pm

Alwar Jodhawas School Gen Alpha Protest: बच्ची का अफसर से सवाल, Viral Video पर मिली तारीफें

Alwar Jodhawas School Gen Alpha Protest: बच्ची का अफसर से सवाल, Viral Video पर मिली तारीफें

लाइव हिन्दुस्तान 14 Aug 2026 9:54 pm

सलवार प्लेन नहीं, फैंसी मोहरी वाली सिलवाएं! देखें ट्रेंड में चल रहे 8 स्टाइलिश डिजाइन

Salwar Mohri Designs: सूट के साथ सलवार सिलवाना पसंद करती हैं, तो इस बार थोड़ा अलग हटकर लुक ट्राई करें। इसकी मोहरी को जरा स्टाइलिश रखते हुए आप ये डिजाइन ट्राई कर सकती हैं। बहुत ही एलिगेंट और स्टाइलिश लुक आएगा।

लाइव हिन्दुस्तान 14 Aug 2026 7:31 pm